Total Search Results
-
परमपूज्य गुरुदेव की अमृतवाणी
ध्यान क्यों करें?...से करें? -३
(गतांक से आगे)
दीपक की तरह जलें, प्रेरणा दें
मैं आपको दीपक का उदाहरण देकर...
-
'अक्षतान् समर्पयामि' का क्या मतलब है?...मित्रो! इसका मतलब एक ही है कि हमारी जो कमाई है, उसका एक अंश हमें भगवान को देना चाहिए। अक्षत इसका स्मरण...
-
'वसुधैव कुटुम्बकम्' की मान्यता क्या है?...'आत्मवत् सर्वभूतेषु' की है। 'आत्मवत् सर्वभूतेषु' क्या है? एक ही है—आप दूसरों की मुसीबतों में हिस्सेदार...
-
अंगुलिमाल डाकू का नाम आपने सुना होगा?...वह बहुत खराब आदमी था और महात्मा बुद्ध को मारने के लिए गया था। लेकिन बाद में क्या हुआ? फिर कुछ ऐसा हुआ ...
-
अन्तरंग जीवन क्या है?...अन्तरंग जीवन को तो आपने कभी देखा भी नहीं। उसे कभी छुआ भी नहीं। अन्तरंग जीवन की कभी हवा भी नहीं लगी आपको।...
-
अन्तर्द्वन्द्व क्या है?...अन्तर्द्वन्द्व बेटे दो साँड़ों की लड़ाई की तरह है। दो साँड़ों की लड़ाई देखी है न आपने? हाँ गुरुजी! जब द...
-
अक्षत से क्या मतलब है?...अक्षत से मतलब है, हमारी कमाई का एक हिस्सा भगवान के लिए, समाज के लिए लगना चाहिए। हम जो कुछ कमाते हैं, स...
-
अगर आप कर्म के फल को नहीं समझना चाहते तो कामना की बात कहकर के क्या करने चले हैं?...इसकी प्रतिक्रिया क्या हो सकती है और क्या परिणाम हो सकते हैं, आप जानते नहीं? जिस आदमी को जो दण्ड मिलना च...
-
अगर आप ये कहें कि गुरुजी के बाद क्या होगा?...बेटे, गुरुजी का शरीर ही तो चला गया, लेकिन आत्मा तो उनकी यहीं विद्यमान है। मेरे पास भी है और सारे शान्त...
-
अगर बन्दूक की नली छोटी हो तब?...तब मुश्किल पड़ जाएगी। लम्बी नली की विशेषता यह है कि यह गोली को दूर तक फेंक सकती है। पिस्तौल दूर तक नहीं...
-
अच्छा तो कब तक करेंगे?...सिर्फ उस समय तक करेंगे, जब तक अपने पैरों पर आप खड़े नहीं हो जाते, बस। बाद में? बाद में नहीं करेंगे। अग...
-
अच्छा, आप यह बताइए कि 'गणिका, गीध, अजामिल तारे' के अतिरिक्त और कौन-कौन से व्यक्ति हैं, जिनका उद्धार हो गया?...हाँ साहब! तुलसीदास जी का उद्धार हो गया। तुलसीदास जी का उद्धार कैसे हो गया और उनमें क्या खराबी थी? साहब...
-
अध्यात्म किसे कहते हैं?...'साइंस ऑफ सोल' को अध्यात्म कहते हैं। सोल की साइंस में—आत्मा के विज्ञान में हर चीज भीतर से निकलती है। आ...
-
अध्यात्म की सही परम्परा क्या हो सकती है?...यह कल मैंने आपसे निवेदन किया था कि अध्यात्म चार हिस्सों में बँटा हुआ है। अध्यात्म एक नहीं है, इसके चार...
-
अध्यात्म से क्या हो जाएगा?...इस शिविर में मैं उस अध्यात्म को आपको सिखाने वाला हूँ, जो मुझे मेरे गुरु ने सिखाया है और उसका परिणाम नग...
-
अध्यात्मवाद क्या होता है?......
-
अनाथालयों का काम कैसा है?...बहुत ही अच्छा काम है। बेचारे अनाथ बच्चों का शिक्षण करें, पालन-पोषण करें। जिनके माँ-बाप नहीं हैं, उन अन...
-
अपने मन को भगवान के साथ जोड़ दें बेटे, आपको क्या करना पड़ेगा?...आपको अपने मन को भगवान के साथ, देवता के साथ जोड़ देना पड़ेगा। कल हमने आपको बताया था कि परिशोधन की प्रक्...
-
अफीम की गोली क्या?...माला आहा! ये बात है। माला में क्या होता है? नमः शिवाय-नमः शिवाय और क्या कह रहा है? श्रीकृष्ण शरणं मम-श...
-
अब क्या सवाल रह गया?...अब बेटे, यह सवाल रह गया कि जिस अध्यात्म की प्रशंसा ऋषियों ने गाई, पुस्तकों में गाई गई, राम-नाम की महत्...
-
अब क्या होना है?...यही होना है। आप में से कोई बुड्ढा तो नहीं है? अच्छा अभी नहीं है तो थोड़े दिनों बाद हो जाएँगे। यह क्या ...
-
अर्जुन ने कहा—अच्छा, आपको मेरे जैसा बच्चा चाहिए, पर आप जिस तरीके से चाहती हैं, उस तरीके से बच्चा न हुआ, कन्या हो जाए तब?...और फिर मेरे जैसा न होकर पंगु हो जाए, काना हो जाए तब? आप मेरे जैसा ही चाहती हैं न, तो मैं एक ही हूँ। भग...
-
अहिल्याबाई कौन थी?...इंदौर की महारानी थी। तुकोजीराव एक बार चीते का शिकार खेलने के लिए कहीं देहात में गए। उन्होंने बन्दूक चला...
-
आज गृहस्थ जीवन में क्या हो रहा है?...माँ-बाप किसे कहते हैं? माँ-बाप उसे कहते हैं, जब तक कि लड़का नाबालिग रहता है और जब तक वह जिसके सहारे रह...
-
आप कौन हैं?...आप इनसान हैं और आप प्रगतिशील हैं। इसलिए आपका विचार और आपका चिन्तन, आपकी आस्थाएँ और आपकी मान्यताएँ और आप...
-
आप क्या करें?...बुराइयों को बरदाश्त करें? नहीं, यह तो मैं नहीं कहता कि आप बुराइयों को बरदाश्त करें। आप बुराइयों से संघ...
-
आप क्या कह रहे थे भगवान से?...भगवान से मैं यह कह रहा था कि हमारे कर्मों के फल को आप हटाइए और हमारे पूजा-पाठ के आधार पर नई व्यवस्था क...
-
आप जिसके साथ जुड़े हुए हैं, उसका नाम क्या है?...उसका नाम है—ढकोसला। भगवान के नाम के बराबर इतना बड़ा ढकोसला शायद ही कहीं दिखाई पड़ता हो। मित्रो! चारों ...
-
आप हनुमान जी बनना चाहते हैं न?...हाँ गुरुजी, हमारे इष्ट तो हनुमान जी हैं, तो आप हनुमान जी बनिए, हमें क्या शिकायत है। नहीं साहब! हनुमान ...
-
आपके अन्दर सत्कर्म है?...नहीं गुरुजी! हम तो सबेरे से उठते हैं और सिवाय बदमाशी, बेईमानी के दूसरा काम नहीं करते और आपके विचार? हम...
-
आपके भीतर कितना भगवान है?...हम मीटर लगाकर के आपको अभी बता सकते हैं। लाइए थर्मामीटर। थर्मामीटर से क्या बुखार देख रहे हैं? हाँ बेटे!...
-
आपको क्या फायदा हुआ?...कुछ फायदा नहीं हुआ। बेसिलसिले की गलत तसवीरें छपवा लेते हैं। रेलगाड़ियों में चंदा माँगते हैं। यहाँ-वहाँ...
-
आपने उसे पढ़ाया क्यों नहीं?...आपके पास वह नौवीं दरजा पास करके आई थी, फिर उसको आगे क्यों नहीं पढ़ने दिया। अरे साहब! समय नहीं मिला। आप...
-
आपने देखा नहीं जनता पार्टी का क्या हुआ?...सभी प्रधानमंत्री बनना चाहते थे। आपने देखा नहीं, इन लोगों ने देश को तबाह कर दिया। यह महत्त्वाकाँक्षा वा...
-
इनको प्राप्त करने के लिए क्या करना पड़ेगा?...बेटे, इसके लिए हमारे पास एक ही हथियार है और उसका नाम है—ध्यानयोग। ध्यानयोग किसे कहते हैं? योग को। योग ...
-
इसका क्या मतलब है?...बेटे! जब घर का मालिक कहे कि चोर को पकड़ो, तब आप भी कहिए कि चोर को पकड़ो। चोर कौन है? मालूम नहीं कौन है...
-
इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...दूसरे लोग तो भगवान के साथ मखौल करते हैं, दिल्लगीबाजी करते हैं। दिल्लगीबाजी क्या होती है? यह होती है, ज...
-
इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...वह काम, जो भगवान अपने हाथ से करने वाले हैं, सन्तुलन बनाने वाले हैं। सृष्टि को ठीक करने वाले हैं। आदमी क...
-
इसके लिए मित्रो क्या करना चाहिए?...आमतौर से आदमी काम की बातें भूल जाते हैं और बेकार की बातें, बेवकूफी की बातें सब याद रखते हैं। आपको सबेर...
-
इसलिए करना क्या है?...मनुष्य के जीवन का सबसे बड़ा पुरुषार्थ-परम पुरुषार्थ यह माना गया है कि हम ऐसी शक्ति के साथ में अपना संब...
-
इसलिए क्या करना चाहिए?...प्रत्येक क्रिया के लिए जो कर्मकाण्ड बनाए गए हैं, वे श्रेष्ठ काम के लिए बनाए गए हैं। कर्मकाण्ड करते समय...
-
इसलिए क्या करना चाहिए?...सलाह देने लायक आपकी अकल कैसे विकसित की जा सकती है? कौन सी परिस्थितियों में क्या सलाह दी जा सकती है और...
-
इसलिए क्या करना पड़ेगा?...यही व्यावहारिक शिक्षण करने के लिए आपको पंद्रह दिनों के लिए हम भेज रहे हैं, ताकि आप यह जान सकें कि आपको...
-
इसलिए रात्रि को सोते समय यह ख्याल किया कीजिए कि अब हमारे जीवन का अन्त है और अन्त को अगर आप ध्यान कर लें तब?...तब फिर आप चौंक पड़ेंगे। जिन्दगी भर आदमी न जन्म को याद करता है, न मौत को याद करता है। अगर मौत को याद किय...
-
इससे उद्धार हो सकता है?...नहीं बेटे! इससे उद्धार नहीं हो सकता है। तो फिर किस तरह से उद्धार होगा? दुनिया में इसका एक ही तरीका है ...
-
उन्हीं दो को क्यों मिली, औरों को क्यों नहीं मिली?...औरों को इसलिए नहीं मिली कि कई बार भगवान भी कुछ देकर पछताता है। रावण को देकर भगवान शंकर हैरान हो गए थे ...
-
उन्होंने रामचंद्र जी से कहा कि आप क्या करें?...आपको तप करने की जरूरत नहीं है। तप की शक्ति आपको हम देंगे और आप क्या काम करेंगे? आप लड़ाई लड़ना शुरू कर...
-
उपासना कैसे सार्थक हो सकती है?...उपासना कैसे मंत्रसिद्ध हो सकती है? भगवान का अनुग्रह प्राप्त करने के अधिकारी हम कैसे हो सकते हैं? मित्र...
-
उसमें क्या-क्या चीजें आती हैं?...बेटे! इसमें पहला अंग 'पवित्रीकरण' का आता है। ॐ अपवित्रः पवित्रो वा सर्वावस्थां गतो पिवा.......। यह पहल...
-
एक कुसंस्कार यह है कि जब हम कुत्ते थे, तो हमको कोई तमीज नहीं थी कि माँ किसे कहते हैं, बेटी किसे कहते हैं, बहन किसे कहते हैं?...कोई रिश्तेदार नहीं मानते। बेटी है तो क्या, माँ है तो क्या? मादा-मादा सब एक सी हैं? नहीं साहब! फरक कीजि...
-
एक साल क्या हुआ?...एक साल दुकानदार को पड़ गया नुकसान। बस दुकानदार को आ गया गुस्सा। उसने कहा कि मैंने तीन साल के अन्दर तुमक...
-
ऐसी स्थिति में जब आप घुटते रहेंगे, तो दूसरों पर प्रभाव कैसे डालेंगे?...दूसरों की बात समझ ही नहीं सकते; क्योंकि आदान-प्रदान का माद्दा ही नहीं है। इस कारण आदमी की सफलता के मार...
-
और किसको देखना चाहते हो?...तीर-कमान वाले को देखना चाहते हैं? तीर-कमान किसका बनता है? बाँस का तीर-कमान धारण करने वाले, मोर-मुकुट प...
-
और बाहर से—दुनिया से क्या मिलेगा?...दुनिया से भी बेटे आपको एक चीज मिलेगी। दुनिया आपको कैसे देगी? दुनिया कभी आपने देखी है? मोटर साइकिलें जब...
-
और मित्रो क्या होगा?...वे परिस्थितियाँ आ जाएँगी; जो यादवों के समय आ गईं थीं। यादवों ने यादवों को खा लिया। यादवों को बाहर वालो...
-
कबीर क्या करते थे?...क्रिया-कृत्य कितना करते थे? जप कितना करते थे? अनुष्ठान कितना करते थे? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकिन ...
-
कसरतें कौन-सी हैं?...वही हैं, जिनको हम तपश्चर्या कहते हैं। जिनका मकसद है—अपने व्यावहारिक जीवन में शालीन जीवन जिएँ। सज्जनता ...
-
कहते हैं कि रामकृष्ण परमहंस को अन्तिम दिनों में गले का कैंसर क्यों हुआ था?...क्या इसलिए कि वे कोई संयम नहीं रखते थे? नहीं बेटे, ऐसी बात नहीं है। वे तो सन्त थे। उन्होंने दूसरों के द...
-
किस तरह से आप बड़े हैं?...सावन के महीने में शंकर जी के ऊपर जल चढ़ा रहे हैं। क्यों चढ़ा रहे हैं? अरे महाराज जी! जरा खेल तो देखिए।...
-
किसकी बात कह रहे हैं?...लौकिक जीवन की। बेटे, सिद्धान्त तो वही है। आज आप लौकिक जीवन में इसे व्यवस्थित कर लीजिए अथवा पारलौकिक जीव...
-
किसकी मदद करें?...मित्रो! भगवान के दो हाथ हैं। एक हाथ से वह पीड़ित होकर के माँगता है, पतित होकर के माँगता है। आप पतितों ...
-
किसी को बुखार आता है, किसी की मृत्यु होती है, पर रावण की मृत्यु?...रावण ने ऐसी भयंकर मृत्यु देखी, जैसी किसी और ने नहीं देखी। उसने अपनी औरतों को जलते देखा, अपने बच्चों को...
-
कुण्डलिनी जागरण कैसे हो सकता है?...अगर बेटे! तेरा ख्वाब सही है तो मेरे पास बड़ा सुगम तरीका है। तेरी कुण्डलिनी मैं अभी जगा दूँगा। कैसे जगाए...
-
कुटुँब कैसे होते हैं?...यही बताने के लिए हमने आपको बुलाया है। हम चाहते हैं कि सारा समाज ही अगर बने तो कुटुँब के आधार पर बने, प...
-
कैसे बड़ी चीज नहीं प्राप्त कर सकेंगे?...जैसे एक सेठ जी थे। उनके यहाँ एक पच्चीस-छब्बीस साल का लड़का आया। उसने कहा, कुछ काम-धंधा नहीं है हमारे य...
-
कौन झल्ला रहा है?...बाप। बाप कौन है? सविता—हमारा पिता। एक आँख प्यार की और एक आँख सुधार की। प्यार की आँख गायत्री माता के पा...
-
कौन सा सस्ता उपाय करें?...बस, सत्यनारायण की कथा कहलवा लीजिए और पण्डित जी को सवा रुपया दे दीजिए। इहलोके सुखं भुक्त्वा, चान्ते सत्य...
-
कौन-सी तीन प्रतिज्ञाएँ की थीं?...पहली प्रतिज्ञा थी कि हम वित्तैषणा से बचेंगे। कम-से में गुजारा करेंगे। आप रिश्तेदारों के लिए, घूमने के ...
-
कौन-सी देवी थी?...रामकृष्ण परमहंस की देवी, जिसको रानी रासमणि ने देखा था कि परमहंस जो भोग खाते थे, देवी भी साथ-साथ खाती थ...
-
क्या इतिहास की पुनरावृत्ति फिर होना सम्भव है?...हाँ, इतिहास की पुनरावृत्ति होना सम्भव है और हम करके दिखाएँगे। मित्रो! संस्कृति की सीता को, जिसके बारे म...
-
क्या करते थे वे?...क्या देते थे? बेटे! उनके पास एक दवा थी। क्या दवा थी? वे चौंसठ पहरी पीपर बनाते थे। चौंसठ पहरी पीपर कैसे...
-
क्या करते हैं साहब?...गायत्री माता का जप करते हैं। यह तो बहुत अच्छी बात है। किस काम के लिए करते हैं? साहब! हमारे पड़ोसी के ऊ...
-
क्या करना चाहिए?...तब आपको एक और काम करना चाहिए। कौन सा? आपको खिलाड़ी की जिन्दगी जीनी चाहिए। आप खिलाड़ी की जिन्दगी जिएँ। खि...
-
क्या करना पड़ेगा?...बेटे! फिर आपको वहाँ से वापस चलना पड़ेगा, जहाँ कि हमारी सन्त-परम्परा के अनुरूप हम घर-घर जाएँ और जन-जागरण ...
-
क्या कहते हैं आप?...बेटे! मैं यह कहता हूँ कि आप अनैतिक आचरण पैदा करती हैं। आप लोगों को भिखमंगा बनाती हैं और आप लोगों को दर...
-
क्या बात बतानी चाहिए थी?...आप कौन हैं? हम तो साहब! यदुवंशी राजपूत हैं। तो आप में कोई ब्राह्मण भी है क्या? नहीं साहब! ब्राह्मण तो ...
-
क्या मतलब है इसका?...इसका मतलब है कि माला घुमाइए और दूध पी जाइए। माला माने लाठी। लाठी गाय के थन से लगाइए और चूसते चले जाइए,...
-
क्या यह सम्भव है?...सम्भव है। मित्रो! इस प्रसंग पर मुझे एक कहानी याद आ जाती है—एक थे सेठ जी। पण्डित जी ने उन्हें यह समझा दिय...
-
क्या सम्भावना है?...जिस ब्रह्मवर्चस का आप उद्घाटन करने के लिए आए हैं, यह महाकाल की एक सम्भावना है। हम अध्यात्म की एक नर्सरी...
-
क्यों बहका रहे थे?...इसलिए कि आपको यह रोब गालिब हो जाए कि गुरुजी कितने ताकतवर हैं, देखो, बिजली को पकड़ लिया। वास्तव में क्य...
-
क्यों होती है?...इसलिए होती है कि हमारे ऐसे नौजवान बच्चे जहाँ कहीं भी जाएँ, वहीं तहलका मचाते हुए चले जाएँगे। जिधर इनको ...
-
गरम करने की नसीहत से क्या मतलब है?...गरम करने की नसीहत से हमारा मतलब है—तप करना। आपको हम तप करने का शिक्षण देते हैं। आध्यात्मिक जीवन को, व्...
-
गायत्री माता क्या हैं?...गायत्री माता बेटे ! उन सिद्धान्तों का, आदर्शों का नाम हैं, जिनसे हमारी आँखें और हमारा दिमाग ठीक हो जाता...
-
गुड़-गोबर किसे कहते हैं?...जो न खाने के काम आता है, न लीपने के काम आता है। यह क्या लाए साहब! यह तो गुड़-गोबर लाए। गुड़ में गोबर म...
-
गुरु किसका नाम होता है?...उसका नाम होता है जो हमें कदम-कदा पर श्रेष्ठ मार्ग पर आगे चलाता है। गुरु होता है द्रोणाचार्य। जैसे, जिस...
-
गुरु को क्या समझते हैं आप?...गुरु होते हैं—विश्वामित्र। विश्वामित्र के हवाले जब राम-लक्ष्मण हो गए तो उन्होंने ये कहा था कि गुरुवर आ...
-
गुरु कौन है?...गुरु वह है जो जीवात्मा को परमात्मा से मिलाता है। गुरु ही मिलाता है, गुरु न हो तो नहीं मिल सकता। बुद्धि...
-
गुरु जी, सिद्धियों का दूसरा तरीका बताइए?...क्या तरीका बताएँ। कोई ऐसा मंत्र बताइए कि जिससे काली हमारे काबू में आ जाए, देवी हमारे काबू में आ जाए, फ...
-
गुरुजी और ये भजन-पूजन?...बेटे ये तो उसके शृंगार हैं। जिस तरह बन्दूक की, तलवार की मूठ तरह-तरह की होती है, म्यान तरह-तरह के होते ...
-
गुरुजी के पास पैसा था क्या?...नहीं बेटे, पैसा नहीं था। तो क्या था? उनका आत्मबल था, उनकी श्रद्धा थी। उन्होंने कहा—"जिधर आप चलाएँगे, ह...
-
चित्रकारों ने बढ़िया-से-बढ़िया चित्र किस माध्यम से बनाए हैं?...ब्रुश के माध्यम से। ब्रुश से क्या बनता है? तस्वीरें बनती हैं, पेंटिंग बनती हैं। अच्छा चलिए, हम आपको एक...
-
जप क्या है?...जप है बेटे! रगड़। जप किसे कहते हैं? जप बार-बार का रेपिटिशन है। रेपिटिशन क्या है? जैसे हम मिट्टी लेते ह...
-
जब रिटायर्ड होकर के आए, तो क्या मिला?...फंड मिला। आपको 60 हजार रुपये का फंड मिला है, तो क्या करेंगे? चिटफंड में लगा देंगे। यह कैसा होता है? रु...
-
जीवन्त से क्या मतलब है?...यह अध्यात्म की लाश, जिसको आप लिए फिर रहे हैं। कौन-सी लाश? यही नाक से हवा निकालने वाली लाश, केवल माला घ...
-
जीवन कितने दिन का होता है?...विवेकानन्द की मृत्यु उनतालीस वर्ष की उम्र में हो गई थी। शंकराचार्य की भी 32 वर्ष की आयु में मृत्यु हुई...
-
जो भी हो, नकली सिद्धियाँ तो भगवान जाने कहाँ से आती हैं?...चालाकी से भी आती होंगी, लेकिन मैं आपसे कहता हूँ कि अगर किसी के सांसारिक जीवन में, पदार्थिक जीवन में, भ...
-
जोड़ देने से क्या होता है?...जोड़ देने से बेटे, नाला गंगा जी हो जाता है। गन्दगी से भरा गन्दा नाला जुड़ जाने के बाद में गंगाजल हो जाता...
-
ट्राई कैसे करते हैं?...अनुष्ठान करते हैं। अहा....ये अनुष्ठान से पकड़ में आएँगे। सच-सच बताना, इसी का नाम अनुष्ठान है ना-देवताओ...
-
ठीक है, आप यह सब करेंगे, लेकिन इन सबके बदले में आप चाहते क्या हैं?...यही चाहते हैं न कि इन सबके बदले भगवान हमारी मरजी के मुताबिक चलना शुरू करें। आपकी मरजी के मुताबिक? हाँ ...
-
तप का आरम्भ यहीं से होता है, जिसको हम भूखा रहने के माध्यम से शुरू कराते हैं, तप में क्या-क्या नियम पालन करने पड़ते हैं?...गायत्री अनुष्ठानों में हम आपको तप के नियम पालने के लिए कहते हैं। हम कहते हैं कि आप तपस्वी बनिए और तप क...
-
तपस्वी जीवन के लिए हमें और आपको क्या करना चाहिए?...यह शिक्षण अभी आगे दूँगा। आज तो मैं सिद्धान्त बताता हूँ। दूसरा काम क्या करना पड़ेगा? दूसरा काम करना पड़े...
-
तपाने से क्या होता है?...तपाने से हमारा शरीर, हमारी भौतिक शक्तियाँ विकसित होती हैं। जितने भी चमत्कार हुए हैं, जो आप सांसारिक चम...
-
तब क्या आपको यहाँ व्याख्यान देने के लिए बुलाता हूँ?...नहीं बेटे! मैं व्याख्यान देने के लिए आपको नहीं बुला सकता और इसके लिए अपना अमूल्य समय खरच नहीं कर सकता।...
-
तब क्या करें?...आप सब ओर से अपने आप को समेटकर जो बात आपके हाथ में है, जो आपकी मुट्ठी में है, उस पर केन्द्रित हो जाइए। प...
-
तीन साल बाद जब इन्क्वायरी हुई कि ड्यौड़ा वेतन जो बढ़ाया गया था, उसका क्या फायदा हुआ?...यह पता लगाया गया कि उसका लाभ मजदूरों को क्या मिला? मालूम पड़ा कि मजदूरों की बस्तियों में जो शिकायतें प...
-
तीसरा वाला शिक्षण यह है कि आप अपने कर्तव्य को समझना शुरू कीजिए, कर्मयोगी बनिए, फर्ज, कर्तव्य पूरा करिए बस, परिणाम?...परिणाम हम नहीं जानते बेटे! क्या होगा? हमने खूब अच्छी तरह से पढ़ा, खूब मेहनत की, लेकिन जिस दिन परीक्षा ...
-
तीसरी आकांक्षा क्या है?...अहं। एक आदमी का अहं, मेरा बड़प्पन, मेरा यश, मेरा नाम, मेरा गौरव, मेरा श्रेय। अरे साहब! मेरे बेटे का ब्...
-
तू हमको कितने रुपये का नौकर समझता है?...चल यही मान ले और हमको नौकर रखकर के देख। दो चार हजार रुपये हम कमा लेते हैं कि नहीं। चार हजार रुपये महीन...
-
तो करना क्या पड़ेगा?...मिला देना पड़ेगा। मिलाने के लिए क्या करना चाहिए? भगवान के साथ योग करने से पहले क्या करना चाहिए? इससे प...
-
तो क्या करें?...इसमें एक चीज आप और शामिल कर लें तो बात सही हो जाएगी। क्या शामिल कर लें? स्कूल में पढ़ाई करें और पढ़ाई ...
-
तो क्या पहाड़ उठ गया था?...हाँ, उठ गया था। क्यों? क्योंकि ऊँचे उद्देश्य के लिए भावभरे प्राणवान व्यक्ति प्राणभरी साँस लेकर जब खड़े...
-
तो क्या मन्दिर सिर्फ इसी काम के लिए हैं?...क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए? हाँ, अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना हो ...
-
तो फिर उसमें कौन-कौन रहेगा?...उसमें देवताओं की स्थापना करके रखिए। देवता आपके साथ-साथ रहें। इसका क्या मतलब है? बेटे! इससे मेरा मतलब य...
-
तो महाराज जी, असली भगवान क्या है?...बेटे, उच्च एवं श्रेष्ठ विचारणा के समुच्चय को, उत्कृष्टता के समुच्चय को, सद्गुणों के समुच्चय को भगवान क...
-
दुनिया की आज जो तबाही है, वह बेअकली की तबाही है और किसी बात की है?...बेटे, और किसी बात की तबाही नहीं। बस, एक बात की तबाही है, जिसका नाम है—बेअकली। बेअकली कौन-सी? बेअकली...
-
दूसरा वाला उद्देश्य क्या है?...आचमन है। कितने आचमन करने पड़ते हैं। तीन आचमन करने पड़ते हैं—'ॐ अमृतोपस्तरणमसिस्वाहा।' 'ॐ अमृतापिधानमसि...
-
दूसरा संकल्प स्मारक बनाने का है, तो वह भी यों ही हो जाएगा क्या?...चलो, उसे तो यह भी है कि हम अपने द्वारा पूरा कर लेंगे, लेकिन यह जो श्रद्धांजलि का कार्य है, इसके लिए तो...
-
देते रहने का क्या मतलब है?...देते रहने का मतलब यह है कि अगर उनके पास कोई चीज है तो वे लोगों को बाँटते रहते हैं और लोगों की मुसीबतों...
-
देवता कौन होते हैं?...देवता अड़ोसी-पड़ोसी नहीं होते। वे सम्बन्धी भी नहीं होते। देवता उन शक्तियों का नाम है, जो आदमी के ऊपर बरस...
-
देवता बनने के लिए क्या करना पड़ेगा?...साधना करनी पड़ेगी। साधना किसकी करनी पड़ेगी? बेटे! अपने जीवन की साधना करनी पड़ेगी। शंकर जी की कर लूँ सा...
-
देवता में क्या विशेषता होती है?...देवता और मनुष्य में क्या फरक होता है? देवता खाते तो रहते हैं, पर पखाना नहीं करते। हनुमान जी को चाहे जि...
-
देवताओं ने क्या किया?...सारे के सारे देवता रीछ और वानरों के रूप में जन्म लेकर धरती पर आ गए। उन्होंने वह काम किया था, जो देवताओ...
-
देवपूजन में पानी क्यों चढ़ाते हैं?...हम तो एक चम्मच जल छोड़ देते हैं और कहते हैं, ‘स्नानम् समर्पयामि।’ अच्छा तो बता बेटे, तूने भगवान जी को ...
-
देववृत्तियाँ किसे कहते हैं?...श्रेष्ठ चिन्तन एक, श्रेष्ठ कर्म दो, श्रेष्ठ भावनाएँ तीन—इन्हीं का नाम देववृत्तियाँ हैं। वे श्रेष्ठताएँ ...
-
ध्यान क्यों करें?...कैसे करें?
(चतुर्थ समापन किस्त)
मित्रो! हमने अपने मन का भगवान बना लिया है। हमारे मन का भगवान आ...
-
नई पीढ़ियों का निर्माण करना और घर के वातावरण को अच्छा रखना और बुढ़ापे में अपना जीवन शान्ति से व्यतीत करना, इस बात के ऊपर टिका हुआ है कि हमने अपने बच्चों से संस्कारवान बनाया कि नहीं?...बच्चों को संस्कारवान बनाने के लिए हमको यह प्रयत्न करना चाहिए कि बच्चों को जन्म लेने से पहले से लेकर के...
-
नए जमाने में भगवान की आज्ञानुसार गौतम बुद्ध जब पूजा पर से उठे तो उन्होंने भगवान से प्रार्थना की कि मुझे आपका प्यार पाने के लिए जीवन में क्या करना होगा?...उन्होंने कहा कि दो ही काम हैं, तीसरा काम मैंने किसी को नहीं सौंपा—एक धर्म की स्थापना और दूसरा पाप का न...
-
नारी वर्ष है, तो इसका क्या अर्थ है?...मैं हँसकर विनोद में बात करने लगी। उन्होंने कहा—यह नारी वर्ष है, इसमें नारी को जाग्रत होना चाहिए, नारी ...
-
परमपूज्य गुरुदेव की अमृतवाणी
ध्यान क्यों करें?...कैसे करें? -२
(गतांक से आगे)
मित्रो, पहले हमने आत्मशोधन की क्रिया बताई थी। अब गायत्री की पंचमु...
-
परोक्ष रूप से मदद किसने की?...बेटे गुरुजी ने की, आज जी खोलकर कहने दीजिए। कितने ही व्यक्ति, हमारे लड़के यहाँ बैठे हैं। अभी मैं उनको ख...
-
पाप क्या होता है?...पाप, बेटे! इसे कहते हैं कि समाज में जो अव्यवस्थाएँ फैलाई हैं, जो आपने अवांछनीयताएँ फैलाई हैं। जो आपने ...
-
पूजा ओर पाठ किस चीज का नाम है?...दीवार को गिरा देने का, इसी ने हमारे और भगवान के बीच में लाखों कि.मी. की दूरी खड़ी कर दी है, जिससे भगवा...
-
पूजा में हम क्या करते हैं?...कुछ देते हैं, समर्पित करते हैं। क्या देते हैं? चावल, धूपबत्ती, फूल आदि जरा सी चीज देते हैं। कुछ न कुछ ...
-
फिर आप क्या करेंगे?...फिर आप अपना टाइम टेबल और अपनी रीति-नीति ऐसी बनाएँगे जैसे कि राजा परीक्षित ने बनाई थी। राजा परीक्षित को...
-
फिर आप क्या कह रहे थे?...बेकार की बातें बताते हैं आप हमको। नहीं बेटे, हम बेकार की बातें नहीं बताते। हम तो ये बताते हैं कि क्रिय...
-
फिर क्या कारण है कि हम नहीं पढ़ सकते, हम कुछ नहीं कर सकते?...इसका एक ही कारण समझ में आता है कि हमारे अन्दर जो आलस्य और प्रमाद छाया हुआ है अथवा जो अज्ञानता छाई हुई ह...
-
फिर क्या हुआ?...साल भर बाद जब राजा आया और दोनों मालियों की तलाश कराई। एक माली से पूछा कि आपने बगीचे को कैसे खराब कर दि...
-
फिर क्या हो जाएगा?...फिर आपके दिमाग पर इतना टेंशन रहेगा कि जिसकी वजह से आपकी नींद हराम हो जाएगी। अमेरिका के अधिकांश नागरिक ...
-
फिर मनोकामना कौन पूरी करता है?...बेटे! भगवान मनोकामना पूरी नहीं करते। नहीं साहब! भगवान मनोकामना पूरी करते हैं। नहीं बेटे! भगवान नहीं कर...
-
फैशन−परस्ती को बढ़ावा देकर आप लड़की को मार डालेंगे क्या?...उसका ड्रेस बनाकर, फैशन बढ़ाकर क्या करेंगे? उसे हिप्पी बनाएँगे, सिनेमा की ऐक्ट्रेस बनाएँगे, क्या करेंगे...
-
बच्चे को किस तरीके से बनाया जाए और क्या किया जाए?...इसके लिए अपनी मनोभूमि और अपने क्रियाकलाप, अपने स्वभाव, अपने आचरण माता-पिता को बच्चे के जन्म से पहले ही...
-
बलि किसे कहते हैं?...बलि उसे कहते हैं, जिसमें आदमी को अपने दोष और दुर्गुणों का निराकरण करना पड़ता है। सारे के सारे जानवरों ...
-
बालक ने कहा—अरे, मेरी मम्मी तो सुअरिया हो गई, अब मुझे खाना कौन देगा?...भगवान बोले—बेटा तुझे क्या चाहिए? उसने कहा—आप बस यही वरदान दीजिए कि जैसी मेरी माँ पहले थी, वैसी ही हो ज...
-
बीमारियों से आप कैसे सहायता कर सकते हैं?...चंदगीराम पहलवान को टी.बी. की शिकायत थी। बाईस साल की उम्र में को टी.बी. इस कदर हो गई थी कि फेफड़े में स...
-
बेटे, जो संकल्प लिए गए हैं, ये यों ही पूरे हो जाएँगे क्या?...ये यों ही पूरे नहीं होंगे। आजकल मुझे रात को नींद नहीं आती। सोचती हूँ कि ये जो संकल्प लिए गए हैं, वे अध...
-
बेटे, तू कौन-सी कंपनी में दाखिल हो गया है?...अरे महाराज जी, मैं तो भजन करने वालों में आ गया। इसमें क्यों आ गया? महाराज जी, इसमें इसलिए आ गया कि भजन...
-
बेटे, मैं क्या कहता हूँ?...यह कहता हूँ कि अपने सामान्य जीवन के सारे क्रियाकलाप, चाहे वे बहिरंग जीवन के हों या अन्तरंग जीवन के, माम...
-
बेटे, यज्ञ की प्रक्रिया, जिसके बारे में बहस होती है कि हम यज्ञ नहीं कर सकते, पैसा हम नहीं लगा सकते, धन हमारे पास नहीं है तो हमारे घर में कैसे हो सकता है?...हम चाहते हैं कि रोज गायत्री माता की पूजा आपके घर का प्रत्येक व्यक्ति करे। उससे घर में वातावरण पैदा हो,...
-
बेटे, यह क्या बात है?...ध्यान का खेल है। ध्यान की बात यह है कि एक विषय पर, एक धारा पर, एक सब्जेक्ट पर आदमी इतनी गहराई से चिन्तन...
-
बेटे, यह मदद कौन करता है?...वह गुरु करता है जिसके हाथ में हमने अपना सर्वस्व सौंप रखा है। गुरुजी ने अपनी डोरी उस बाजीगर के हाथ में ...
-
बेटे, हम ऐसे बुजदिल भी न हों कि कोई आए, हाँ साहब कौन हैं?...अरे हम तो सन्त हैं। अच्छा, तो एक इधर से भी दे जाए और एक उधर से भी दे जाए। ऐसा सन्त भी नहीं बनना है। मैं ...
-
बैंक क्या है?...बैंक माने भगवान। भगवान का अनुग्रह। आपने जिस काम के लिए प्राप्त करने की कोशिश की है, उसे उसी काम में खर...
-
भक्त किसे कहते हैं?...जरा बताना तो सही, जिसकी सहायता स्वयं भगवान करते हैं। नहीं साहब! हम भी भक्त हैं और भगवान जी को हमारी सह...
-
भगवान की भक्ति का सही स्वरूप क्या है?...भगवान की भक्ति का स्वरूप यह है—इसमें आप दो बातें करें। एक तो आप अपने जीवन का लक्ष्य पूरा करें। चौरासी ...
-
भगवान कैसा है?...बेटे! भगवान को हमने देखा नहीं है और कभी-कभी मन कच्चा हो जाता है कि भगवान न हुआ तो? भगवान को जब देखा नह...
-
भगवान कैसा होगा?...भगवान कैसा होना चाहिए? इसके लिए मैनें दो शब्दों का इस्तेमाल किया है और वो शब्द मुझे बहुत प्यारे हैं। क...
-
भगवान को आप पकड़ लें तब?...भगवान क्या है? भगवान एक करेंट है। तो क्या होगा? तो वह करेंट आपको भी पकड़ लेता है। फिर क्या होगा? भगवान...
-
भगवान को किस तरीके से खरीदा जा सकता है?...उन्होंने मोल ले लिया, किसने? मीरा ने और द्रौपदी ने। जब आर्तनाद से भगवान को पुकारा तो भगवान दौड़ते हुए ...
-
भगवान श्रीकृष्ण ने पूछा कि वह यज्ञ कैसा था?...नेवले ने कहा कि एक पति-पत्नी थे और उनके दो बच्चे थे। कितने ही दिनों से वे भूखे थे। कहीं से थोड़ा अन्न ...
-
भूत कैसा होता है?...भूत ऐसा होता है, जैसे मनुष्य। फरक क्या होता है? फरक यह होता है कि उसके पास शरीर नहीं होता। शरीर न होने...
-
मंत्र में कोई शक्ति होती है?...नहीं मित्रो! मंत्र में कोई शक्ति नहीं होती। मंत्र थोड़े से अक्षरों के समुच्चय का नाम है, जो छापेखाने म...
-
मन्दिर में कोई शेर-चीता आता है?...मन्दिर में कोई सिगरेट पीता है? मन्दिर में कोई सिगरेट मत पीना। साहब! हमको सिगरेट पीने की आदत है। आदत है, ...
-
मन का भागना बन्द करने के क्या तरीके हैं?...यह मैं कल आपको समझा रहा था कि उपासना में क्रिया के साथ-साथ मन को भी लगाइए। मन कैसे लगाएँ? बेटे, मैं यह...
-
मन ठहर सकता है?...नहीं। मन रुकेगा नहीं। मन मीरा का भी रुका नहीं, मन रामकृष्ण परमहंस का भी रुका नहीं, चैतन्य महाप्रभु का ...
-
मस्तिष्क का सन्तुलन किसे कहते हैं?...जिसमें आदमी ऐसे भी और वैसे भी अर्थात् दोनों परिस्थितियों में 'बैलेंस' कायम रख सकता है। साइकिल सवार को ...
-
महाराज जी, तो फिर हम चावल क्यों चढ़ाते हैं?...चावल हम इसलिए चढ़ाते हैं कि अपने आपको हम शिक्षित करें कि देख भुलक्कड़, तुझे सब कुछ पाकर सब कुछ याद है।...
-
मित्रो, अगर साधना का चमत्कार आपको देखने का मन हो और साधना से सिद्धि की जो बात बताई गई है, वह करना हो तो आपको पहला काम क्या करना पड़ेगा?...आपको सबसे पहले अपने काम में मन लगाना पड़ेगा। कोई भी काम हो, जिसमें भजन भी शामिल है, मन लगाकर करना पड़े...
-
मित्रो, क्या करना चाहिए?...हमको अपनी सामर्थ्यों को सार्थक, रचनात्मक कार्यों, सृजनात्मक और विकासोन्मुख कामों में लगाना चाहिए। जिसम...
-
मित्रो, क्या करना पड़ेगा?...हमको वास्तविकता के धरातल पर उतरना पड़ेगा। हमको यथार्थता पर आना पड़ेगा। हमको यह मानकर चलना पड़ेगा कि भग...
-
मित्रो, क्या विशेषता है बया में?...कोई विशेषता नहीं है। बेटे, मन लगाकर कोई भी काम करो, तो शानदार होता है। मन लगाकर काम नहीं किया जाए, तो ...
-
मित्रो, जप करने से क्या मतलब है?...जप करने से हमारा मतलब देव-पूजन से है। इसमें देव-पूजन के साथ आत्मशोधन की दो क्रियाएँ जुड़ी हुई हैं। यह ...
-
मित्रो, देवी को आप क्या बनाना चाहते हैं?...देवी को औरत बनाना चाहते हैं, आप देवी के पति बनना चाहते हैं न। कौन बनना चाहता है? पति बनना चाहता है या ...
-
मित्रो, धनवान क्या केवल बीड़ी बनाने के उद्योग में ही अपना पैसा खरच करते रहेंगे?...क्या चाय बागानों में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी? क्या वनस्पति तेल बनाने में ही लोगों की पूँजी लगी रहे...
-
यज्ञ भगवान की चौथी वाली नसीहत क्या है?...चौथी वाली नसीहत यह है कि जो कुछ भी इसके पास जाता है, उसे वह अपने समान बना लेता है। आग के पास जो कुछ भी...
-
यह किसने कहा?...'शतपथ ब्राह्मण' ने कहा—निश्चय, जरूर, गारंटी से, विष्णु जो है, वही यज्ञ भगवान है। जीवन्त भगवान कैसे हो स...
-
यह कैसी फिजिक्स है, कैसी केमिस्ट्री है?...बेटे! मैं फिजिक्स की क्या बताऊँ? यह फिजिक्स वहाँ काम करती है और यहाँ एटम काम करता है। अगर आप यहाँ से प...
-
यह कैसे रंगा जा सकता है?...इसको पहले धोबी के यहाँ ले जाओ। धोबी क्या करेगा? इसके ऊपर जो मलिनताएँ चढ़ी हुई हैं, उन मलिनताओं को वह प...
-
यह कैसे सम्भव हो गया?...बेटे मैं आपको श्रद्धा की बात बता रही है कि जिसके प्रति हमारी श्रद्धा है, जिससे हम जुड़े हुए हैं, वह हम...
-
यह कैसे हो सकता है?...इसका एक तरीका है, जिसका नाम है—तप। हमारे भीतर दो चीजें हैं। एक चीज जो हमारे भीतर है, वह है—चेतना और एक...
-
यह कौन है?...यह सारी-की-सारी सृष्टि की व्यवस्था बनाता है। उसका नाम ब्रह्म है। ब्रह्म एक कायदे का नाम है; एक कानून क...
-
यह क्या चीज है?...बेटे ! यह वो चीज है, जिसको हम लोक-सम्मान और लोक-सहयोग कहते हैं। जिसके लिए आदमी आकुल-व्याकुल रहता है और...
-
यह क्या है?...बेटे, यह एक बुद्धि है, एक विचारणा है, एक संकल्प है, एक सिद्धान्त है। अगर ये सिद्धान्त हमारे और आपके मन म...
-
यह क्या है?...आदमी का 'अहं' है। आदमी की बनावट ऐसी है कि वह मामूली कपड़े को पहन करके गुजारा कर सकता है, लेकिन वह इतने...
-
यह क्या हो सकता है?...बेटे! मैंने आपसे कहा था कि अवतार होने वाला है। प्रज्ञावतार होने वाला है। गायत्री माता का अवतार होने वा...
-
यह तो हुई एक बात और दूसरी?...दूसरी यह है कि ध्यानयोग के द्वारा वे विशेषताएँ प्राप्त करना भी सम्भव है, जिनको हम भगवान कहते हैं, ब्रह्...
-
यह दृष्टिकोण आने से क्या होता चला गया?...मित्रो! इसके आने से हमारे घरों का सत्यानाश होता चला गया। हमारी सम्पत्ति बेकार हो गई, नाकारा हो गई। ज्या...
-
यह निश्चय होने के पश्चात यह सवाल पैदा हुआ कि आखिर कथा कहेगा कौन?...कहने से क्या है—पैंतीस रुपये में किसी पण्डित जी को बुला लीजिए। पाँच रुपये रोज के हिसाब से पण्डित जी को न...
-
यह महापुरश्चरण कैसा है?...आप सबने अखबारों में पढ़ा होगा। तो क्या पच्चीसकुण्डीय यज्ञों के माध्यम से पुरश्चरण होगा? यज्ञ नहीं बेटे!...
-
ये कहाँ रहती हैं देवी खोडयारी माता?...ये जैसलमेर में रहती हैं। कलकत्ते (कोलकाता) का मारवाड़ी भागते-भागते वहाँ पहुँचता है। कहाँ? जैसलमेर। बीब...
-
ये कौन घुसाता है?...डेमॅन। डेमॅन कौन-सा होता है? डेमॅन कहते हैं भगवान को। आपके डेमॅन का क्या नाम है? अपने गुरु को हम डेमॅन...
-
ये कौन थे?...इनका नाम था पादरी; इनका नाम था साधु; इनका नाम था परिव्राजक। मेरे मन में आया कि इनके चरणों को धोकर के प...
-
ये क्या कह रहे थे भिखारी और जँवाई की बात?...हाँ बेटे, आपसे मैं इसलिए कह रहा हूँ कि आप शुरू से देखिए कि जिनसे आप मिन्नतें करते हैं, जिनसे आप कुछ पा...
-
ये देवी-देवता हमें क्या देंगे?...मित्रो! आप देवताओं से भी वो काम कराना चाहते हैं, जो देवता बेचारे नहीं कर सकते, जो उनके काबू में नहीं ह...
-
ये सब चीजें भगवान को मन्दिरों के माध्यम से जो भगवान के निमित्त चढ़ाई जाती हैं, उनके पीछे सिर्फ एक ही उद्देश्य छिपा था कि लोकसेवी को, जो एक तरीके से भगवान के प्रतिनिधि कहे जा सकते हैं, जिन्होंने अपने व्यक्तिगत स्वार्थों की तिलांजलि दी और अपनी व्यक्तिगत सुविधाओं को ताक पर रख दिया, जिन्होंने केवल लोकमंगल का ही ध्यान रखा, केवल भगवान के सन्देशों का ही ध्यान रखा, भगवान का प्रतिनिधि न कहें तो क्या कहें?...भगवान के प्रतिनिधियों को जीवनयापन करने के लिए निवास से लेकर भोजन, वस्त्र तक और दूसरी चीजों के खरच की आ...
-
योग किसे कहते हैं?...बेटे, हमारा चिन्तन, हमारी विचारणा—इसको परिष्कृत करना और हमारा क्रियापक्ष, इसका परिशोधन करना—इसका नाम यो...
-
योग किसे कहते हैं?...इसको कहेंगे—संस्कृति। संस्कृति क्या होती है? संस्कृति कहते हैं—कल्चर को। कल्चर क्या होता है? कल्चर कहत...
-
योग के अन्य चार पक्ष कौन से हैं?...प्रत्याहार, धारणा, ध्यान और समाधि। बेटे, ये हमारे चिन्तन के ऊपर निर्भर हैं।...
-
योगी बनने के तरीके क्या हो सकते हैं?...बेटे! योगी बनने के लिए वही तरीके हो सकते हैं, जिनका हर नमूना पेश करने के लिए हमको अपनी जिन्दगी दान करनी...
-
राम-नाम और नारायण का नाम लेने से कोई मुक्ति हो सकती है?...भाई साहब! मुक्ति नहीं हो सकती। जब हम छोटे क्लासों में पढ़ते थे, पाँचवें दरजे की बात है। हमको एक किताब ...
-
रामचरित और कृष्णचरित के बारे में जिन पुस्तकों का हमने चयन किया है, उसके बारे में मैं एक बार चुपचाप विचार करने लगा कि अरे भाई ये किसकी किताबें हैं, गीता लड़ाई-झगड़े की किताब है?...धत् तेरे की! वहाँ एक ओर “द्यौ शान्ति अन्तरिक्ष ग्वं शान्ति"......की किताबें पढ़ने चले हो और अब दूसरी ओर ल...
-
लेकिन क्या कहा जाए?...इसे मैं धर्मभीरुता कहता हूँ, धर्मभावना नहीं कहता। अपने देश में सिर्फ धर्मभीरुता है, धर्मभावना नहीं है।...
-
वह किसका है?...वह बेटे! हमारा ईश्वर है, जिसको हम पैदा करते हैं। जिसको हम बढ़ाते हैं, जिसको हम मजबूत करते हैं। जिसको ह...
-
वह कैसा था?...एक पत्थर का टुकड़ा था, जिसे किसी ने उसके हवाले कर दिया था, मीरा के हवाले कर दिया था। उसे मीरा ने पाल-प...
-
वह छोकरी एक लंबा डंडा लेकर आई और बोली कहाँ है आपका चीता?...शायद इस झाड़ी में छिपा हुआ मालूम पड़ता है। लड़की चमड़े के जूते पहन करके झाड़ी में दनदनाती हुई चली गई। ...
-
वातावरण किसे कहते हैं?...हवा को तो वायुमण्डल कहते हैं। वातावरण उसे कहते हैं कि लोगों के दिमाग में एक खास तरह का प्रवाह, एक खास त...
-
विधेयात्मक चिन्तन क्या है?...यह वह चिन्तन है, जिससे कि आदमी देवता बन जाते हैं। हम क्या बनाएँगे, क्या बिगाड़ेंगे, यह विचार ही मत कीजि...
-
विनोबा कौन हैं?...दूसरे नंबर के गाँधी हैं। गाँधी जी ने व्यक्तिगत सत्याग्रह में जब अपना उत्तराधिकारी घोषित किया तो लोग बह...
-
वे कौन से सलाहकार हैं?...बेटे! हमने ऐसे ही सलाहकार मुकर्रर कर रखे हैं और अकेले ही कमरे में रहते हैं। तो आप अकले ही रहते हैं? बे...
-
शंकर जी कहाँ होते हैं?...बेटे ! हमें नहीं मालूम कहाँ होते हैं और कहाँ नहीं होते। आपने देखे हैं? हमने तो नहीं देखे। और आपने देखे...
-
शक्तिपात किसे कहते हैं?...बेटे! शक्तिपात उस ताकत को कहते हैं, जिससे कि दुनिया की हवा, दुनिया का प्रवाह एक ओर बहता हुआ चला जाता ह...
-
शबरी बेर खिलाती तो जाती थी और यह पूछती जाती थी कि नाथ-द्वारे के मन्दिर का क्या हुआ?...जहाँ सोने की चक्कियों में केसर पीसी जाती है। पिस्ता और बादाम का हलवा बनता है। उसका क्या हुआ? और वृंदाव...
-
शब्दों का क्या असर होता है?...शब्दों का नहीं होता, क्रिया का असर होता है। अगर आपको किसी पर असर डालना हो, किसी पर छाप डालनी हो, अगर आ...
-
शिवाजी को छत्रपति शिवाजी किसने बनाया था?...समर्थ गुरु रामदास ने। उन्होंने उसे भवानी तलवार दे दी थी और तिलक लगाकर कहा था—जा बेटे, तू विजय पाएगा। उ...
-
संयम से क्या मतलब है?...संयम की धाराएँ चार हैं। एक संयम है—इंद्रिय निग्रह-इंद्रिय संयम, जिसको आमतौर से लोग बस इतना ही समझते है...
-
सबसे अच्छा प्रायश्चित कौन-सा है?...सबसे अच्छे प्रायश्चित की परम्परा तीर्थयात्रा रही है। तीर्थयात्रा के माहात्म्य जितने पुस्तकों में लिखे ह...
-
समर्पण किसे कहते हैं?...योग किसको कहते हैं? समर्पण को कहते हैं। उस योग को सिखाने के लिए हमने स्वर्ण जयंती साधना वर्ष में 'सोऽह...
-
साथियो आप क्या चाहते हैं?...हम ये चाहते हैं कि देवताओं की सहायता मिले। ये तो नहीं चाहते कि हमारे पड़ोसी से हमें सहायता मिले? नहीं ...
-
साधना किसे कहते हैं?...अनगढ़ चीजों को सुगढ़ बना लेने का नाम साधना है। मसलन सरकस के लोग शेरों को, हाथियों को, कुत्तों को सुधार...
-
साधु और ब्राह्मण किसे कहते हैं?...किफायतदार को साधु-ब्राह्मण कहते हैं। मितव्ययी को, अपरिग्रही को एवं सर्वसन्तोषी को साधु-ब्राह्मण कहते है...
-
सुल्तानपुर के गाँव-गाँव, घर-घर में उन्होंने पुस्तकें पढ़ाईं और पूछा कि आचार्य जी की किताबें आप पढ़ते हैं, आपको पसन्द आती हैं?...हाँ साहब, पसन्द आती हैं और आँखों में आँसू आ जाते हैं, ऐसा गजब का साहित्य है। यह तो किसी देवता का लिखा ह...
-
हँस को गायत्री माता कन्धे पर रखकर चलती है या हँस गायत्री माता को कन्धे पर रखकर चलता है, बताइए जरा?...हँस गायत्री माता को कन्धे पर रखकर चलता है। आप अगर हँस हैं तो गायत्री माता को कन्धे पर बिठाकर चाहे जहाँ ल...
-
हमारे दोस्त कौन हैं?...हमारे खानदान वाले, कुटुम्ब वाले, जिनको हम मित्र कहते हैं। आपके वे मित्र सब बातों में ठीक हो सकते हैं।...
-
हमारे लक्ष्य क्या-क्या हैं?...इसके लिए हमने नमूने के लिए खिलौने के भीतर तरह-तरह की आकृतियाँ बना दी हैं और उन आकृतियों के भीतर कुछ सं...
-
हमें इतनी गहरी नींद क्यों आती है?...क्योंकि हमें कोई चिन्ता नहीं है। आपके शान्तिकुञ्ज की हमें बिलकुल चिन्ता नहीं, गायत्री तपोभूमि की हमको बि...
-
हमें क्या भावना प्रस्तुत करनी चाहिए?...मित्रो! युग निर्माण योजना के अन्तर्गत जितने भी आयोजन किए जाते हैं, उनमें दो चीजों का हमने अविच्छिन्न प्...
-
हिन्दुस्तान अपने सामान्य नागरिक को क्या भोजन दे सकता है?...क्या वस्त्र दे सकता है? उसे किस स्तर की जिन्दगी जीनी पड़ सकती है? यही हमारा स्टैंडर्ड है। आप अमेरिका मे...
-
"मैं अपने दोनों किशोर बच्चों को अपरिचित सड़कों पर भेजता हूँ और निर्देश दे देता हूँ कि एक घण्टे घूमकर आओ और मुझे बतलाओ कि तुमने कहाँ क्या देखा?... जब वे लौटकर आते हैं तब मैं उनसे उनकी जानकारी के विषय में प्रश्न करता हूँ। उत्तर सन्तोषजनक न होने पर द...
-
"स्त्रियाँ अपने आप को पुरुषों की गुलाम या उनसे गिरी हुई क्यों मानें?... विविध भाषाओं में स्त्रियों के लिए प्रचलित शब्दों और मुहावरों में उन्हें पुरुष का आधा अंग कहा गया है औ...
-
21वीं सदी में समझ लेना कि राष्ट्र को नारियाँ सँभालेंगी, तो फिर यह आधा अंग बेकार क्यों पड़ा रहेगा?... नहीं साहब! हम तो दकियानूसी हैं। जैसा खुद है, वैसा ही स्त्री के प्रति अपनी भावना रखता है। जैसे खुद संक...
-
अगर हम यह जानना चाहें के सूर्य का मानव जीवन से क्या सम्बन्ध है?... तो विज्ञान की भौतिक उपलब्धियों को ही देखकर सन्तुष्ट नहीं रह जाना होगा वरन् उनके आधार पर भारतीय अध्यात...
-
अगले जन्म में रहने दे, मैं कुछ नहीं कहती कि क्या बनेगा?... पर अगले जन्म में तुम गधे बनो और हम तुम्हें चलाते रहें। नहीं, तुम गधे मत बनो। आप देना भी सीखिए, एक हाथ...
-
अच्छा चलिए अब फिर उसकी बात सोचिए, मन से मुक्ति किसे कहते हैं?... मन से मुक्ति किसे कहते हैं? मन से मुक्ति कुछ और होती है, मन से मुक्ति, मन से मुक्ति कुछ और है, मन से ...
-
अनेक ऐसी-ऐसी जटिल समस्याएँ आती चली जाती हैं कि व्यक्ति यदि गहराई से सोचे और उनका अध्ययन करे, तो मालूम पड़ेगा कि उसमें कितनी जटिलता है और इनको किस तरीके से सुलझाया जाना चाहिए?... जब बुखार आता है, तो शरीर में पीड़ा होती है, सर में दरद होता है, खाना हजम नहीं होता, भूख नहीं लगती है,...
-
अन्तरिक्ष किरणों, उत्तरी ज्योति, पृथ्वी के चुम्बकीय क्षेत्र ( मैगनेटिक फील्ड) पृथ्वी के ऊपरी वायु-मण्डल और अयन मण्डल (आयनोस्फियर ) पर सूर्य के प्रभाव का अध्ययन करने के बाद वैज्ञानिकों ने यह बताया कि सूर्य अपने आप उत्तेजित होता रहता है, उसका रहस्य क्या है?... इसका उत्तर तो वे नहीं दे पाये पर उनका विश्वास है कि ११ वर्षों में एक वर्ष ऐसा आता है, जबकि उसकी उत्ते...
-
अन्य भी थे, जिनको बोलने का मौका दो-पाँच मिनट का ही दिया गया था; क्योंकि हम दो-तीन थे, इतना समय कहाँ से लाते?... तो 2-2, 5-5 मिनट सबको दिए और सभी के यही उद्गार थे कि मिशन को बनाने वाला धन्य है। हम उसके चित्र को ही ...
-
अपने लिए किसी से कुछ माँगना बहुत निकृष्ट काम समझा जाता है, लेकिन दहेज माँगने में न जाने क्यों किसी को शरम का अनुभव नहीं होता?... मुफ्त का अनीतिपूर्ण धन पाने की लालसा वर पक्ष को पागल बनाए रहती है। अपनी श्रेष्ठता का झूठा अहंकार उन्ह...
-
अपने हाथों से, अपनी कलाइयों से हम अपना पेट भर सकते हैं और दूसरों का भी पेट भर सकते हैं, तो फिर हम क्यों गुनाह करने पर आमादा हों?... क्यों हम इस बेशकीमती जिन्दगी को उन कामों में खर्च करें, जिन कामों में जानवर खर्च करते हैं? पेट के लिए ...
-
अब आपके पास जो कुछ भी है, उसको निकालने की तैयारी कीजिए और निकालने की तैयारी इसलिए कीजिए, किस काम के लिए निकालें?... मन्दिर बनवा दें, नहीं, मन्दिर मत बनवाइए। मन्दिर जिन लोगों ने बना दिये हैं, उन लोगों से हम प्रसन्न नही...
-
अब नए जन्म में क्या करना चाहिए?... आपकी सारी बुद्धिमानी इस बात पर टिकी हुई है, कि आप अपने जीवन की सम्पदा का किस तरीके से उपयोग किया—बस ए...
-
अभी मैंने बताया था कि भक्त का समर्पण होना चाहिए, समर्पण यदि नहीं है, तो फिर वह भक्ति कैसी है?... और यदि उसका समर्पण है, तो फिर उसको सब कुछ मिलता हुआ चला जाता है। नाचीज चन्द्रगुप्त, जिसको गुरु की कृप...
-
अशोभनीय और अश्लील चित्र किन्हें कहा जाए?... इन्दौर में एक बार जागरूक महिलाओं ने अश्लील पोस्टरों का प्रतिरोध किया तो पूछा गया कि अशोभनीय पोस्टर कि...
-
अश्वमेध क्या है?... अश्व जैसी पाशविक प्रवृत्तियाँ जो लगाम लगने पर भी नहीं रुकतीं, उन्हें यज्ञ कुण्ड में होम देना ही अश्वम...
-
आज नारी बुरी तरह टूट गई है और उसके फलस्वरूप परिवार संस्था भी टूट रही है, फिर यह कैसे सम्भव हो सकता है कि उसके आश्रय में रहने वाले स्वर्गीय सुख-शान्ति का रस चख सकें?... जब साँचा ही बिगड़ गया है तो उसमें ढलकर निकलने वाले देवमानवों का दर्शन कैसे हो?
हमारे हर परिवार को स...
-
आत्मा की सेवा?... मन की सेवा? आदमी के उज्ज्वल भविष्य की सेवा? ये तो सेवा केवल ज्ञान से ही बन सकती है। लेकिन ज्ञान भी अप...
-
आदमी को जरूरत है, जरूरत क्या है?... कुछ भी नहीं है। बेकार का अहंकार को बढ़ाने के लिए अपनी औलाद को और घर वालों को तबाह और बर्बाद करने के ल...
-
आप अपना दृष्टिकोण क्यों नहीं बदल लेते?... इस दुनिया में क्या चीज़ नहीं है? इस दुनिया में सन्तों की कमी है? सज्जनों की कमी है? शराफत की कमी है? भ...
-
आप क्या करेंगे?... और कैसे करेंगे? क्यों करेंगे? क्रिया के साथ-साथ में चिन्तन को आप जोड़ दीजिए। चिन्तन और क्रिया को, दोनों...
-
आप क्या काम करेंगे?... आप स्वाध्याय और सत्संग इन दो कामों को आवश्यक मानिए। सत्संग किस तरीके से करेें? सत्संग तो मिलना मुश्कि...
-
आप देख पाएँगे?... बिलकुल देख नहीं पाएँगे। कान, कान यदि सुनना बन्द कर दें, तो चाहे आपकी रेडियो की आवाज हो, चाहे आपकी टीव...
-
आप देखते हैं न भूमि, (पानी) बादलों के पानी से भूमि में हरियाली पैदा हो जाती है, पर चट्टानों पर क्यों पैदा नहीं होता?... छात्रवृत्ति के बारे में आप जानते हैं न। जो फर्स्ट डिविजन पास होते हैं सरकार की ओर से छात्रवृत्ति उनको...
-
आप भगवान के अनुयायी होते हैं कि नहीं?... आप भगवान का अनुशासन मानते हैं कि नहीं? आप भगवान की इच्छानुसार चलते हैं कि नहीं? आप भगवान के बताए हुए ...
-
आपकी शादी हुई थी न, शादी हुई थी तो आपको अच्छी-खासी धर्म पत्नी मिली थी न, ये किनने दी थी?... उस लड़की के माता-पिता ने बड़ी मेहनत से बड़ी सुयोग्य लड़की बना करके, पाल-पोष करके, शिक्षित बना करके आप...
-
आपके अन्दर भी शक्ति की कोई कमी है क्या?... नहीं। हमको दिखाई पड़ता है कि आपके अन्दर भी कितनी अपार शक्ति भरी हुई पड़ी है। लेकिन आप उस शक्ति को पहच...
-
आपको एक और काम करना चाहिए - कौन (सी)?... खिलाड़ी की जिन्दगी जीनी चाहिए। खिलाड़ी की जिन्दगी आप जिएँ। खिलाड़ी (न) हारते भी रहते हैं, जीतते भी रहते ...
-
आपको मालूम होना चाहिए कि गुरुजी ने कितने-कितने बड़े कदम उठाए हैं और वह कैसे पूरे होते चले आए हैं?... हजारकुण्डीय यज्ञ से लेकर के जो सन् 1958 में हुआ था, जिसमें एक लड़का बैठा था। कल बता रहा था कि माताजी ...
-
आपको ये सुविधा मिली है और कहाँ मिली है?... दूसरा प्राणी बताइए न मनुष्य के अलावा।...
-
आपने भगवान की कथा सुनी है?... हाँ आप सबने सुनी है, लेकिन आपने क्या वह अमृत पिया है? नहीं, आपने अमृत नहीं पिया। क्यों? क्या वह पुस्त...
-
आपने यहाँ कितने कार्यकर्ता देखे हैं, आपको मालूम है न?... यहाँ डॉक्टर भी हैं, इंजीनियर भी हैं और भी हैं, बच्चे जो अपनी नौकरी छोड़-छोड़कर आए हैं। इनका त्याग कम ...
-
आपने शंकर जी की मूर्ति देखी है न?... शंकर जी के दाएँ-बाएँ सब जगह सर्प, बिच्छू लिपटे हुए हैं। अगर आप ये समझते हैं कि शंकर जी कैसे हैं?
उनक...
-
इष्ट भगवान का स्थापित करते हैं न - इष्ट माने लक्ष्य - हमारा लक्ष्य क्या है?... लक्ष्य का मतलब है इष्ट। इष्ट अगर आपने कोई तय कर लिया - (अर्थात) आपका 'शिव' इष्ट है, इसका अर्थ ये हो ग...
-
इस पीड़ित नारी से नर को क्या लाभ मिला?... उसे असहाय बनाकर किसने क्या पाया? घर परिवार के लोगों की इससे क्या सुविधा बढ़ी? पति को उससे क्या सहयोग ...
-
इस मेकअप महाविज्ञान से आखिर लाभ क्या?... जितना समय इस लिपाई-पुताई में लगता है, आज के मँहगाई के जमाने में जहाँ खाने को तेल भी नसीब नहीं होता हो...
-
इस सारे विश्व का मालिक कौन है?... भगवान है। ये उसी का तो सामान है जिससे उन्होंने दुनिया को बना दिया। यहाँ जो कुछ भी देखते हैं वैभव, ये ...
-
इसका नाम है—अजर-अमर होना, सुना है आपने?... अजर माने जिनको बुढ़ापा न आता हो। देवता बुड्ढे नहीं होते थे। मरते थे? हाँ मरते तो थे, पर बुड्ढे नहीं ह...
-
इसके पहले हजारों लोगों ने कहा होगा और उन्होंने हजार बार सुना होगा, लेकिन नारद जी का कहना क्यों मान लिया?... दूसरे लोगों का कहना क्यों नहीं माना? इसका एक ही जवाब हो सकता है कि मनुष्य का चरित्र वाणी में से बोलता...
-
इसके लिए क्या करना चाहिए?... आमतौर से आदमी भूल जाते हैं—काम-काम की बातें सब भूल जाते हैं, और बेकार की बातें, बेवकूफी की बातें सब य...
-
इसके लिए क्या करना चाहिए?... आमतौर से आदमी भूल जाता है। काम-काम की बातें सब भूल जाते हैं। बेकार की बातें, बेवकूफी की बातें सब याद ...
-
इसके लिए क्या तैयारी करनी होंगी?... एक तैयारी ये करनी पड़ेगी कि आपको (अपने) नए ढंग से जिन्दगी के ऊपर विचार करना शुरू करना होगा। क्या शुरू ...
-
इसे रोका कब जाएगा?... तब रोका जाएगा, जब उनकी श्रद्धा उभारी जाएगी। उनके अन्दर उदारता और प्यार जगाया जाएगा। उनके अन्दर यह समा...
-
ईश्वरविश्वासी के देखने का ढंग और देखने का तरीका कैसा होता है?... नारी में सिया और नर में राम को देखने की दिव्य दृष्टि जिस किसी को भगवान देता है, उस आदमी की शक्ति का क...
-
उन्होंने कहा कि आप क्यों बन्द करना चाहते हैं?... क्योंकि बैंकों ने हमको पैसा देना बन्द कर दिया है और हमारे पास पैसे खतम हो गए हैं। दूसरे दिन उस कंपनी म...
-
उन्होंने कहा—"आप गायत्री मंत्र को हिंदुओं का क्यों कहते हैं?... यह तो सारे विश्व का है। सार्वभौम है, सर्वजनीन है। यह मानवीय सभ्यता से सम्बन्ध रखता है। संस्कृत भाषा में...
-
उन्होंने कहा—वह कौन-सा यज्ञ था, जरा बताना?... इसमें तू रो रहा है कि मैं सोने का नहीं हुआ, उसमें तू सोने का कैसे हो गया, यह बता? तो उसने बताया कि एक...
-
उन्होंने तो थोड़े काम किए थे; लेकिन गुरुजी ने तो कितना काम किया है?... उन्होंने उपासना के द्वारा अपने जीवन का परिशोधन करके साहित्य की इतनी रचना की, जो अपने वजन से भी ज्यादा...
-
उस गान्धारी ने क्या किया?... उसने अपनी आँखों पर पट्टी बाँध ली।...
-
उस दिन मैं दावा करता हूँ कि अपने मुकाबले के जैसा मैं हूँ, वैसा ही तुझे बना दूँगा, पर अभी तो तेरे अन्दर बहुत खामियाँ हैं, तो मेरे बराबर कैसे बन जाएगा?... अभी तो तू मेरे पाँव के धोवन के बराबर भी नहीं बन सकता है। अभी तो तू पाँव की उँगली जैसा भी नहीं बन सकता...
-
एक नारी दूसरी नारी के दुःख-दरद को कम करने की जगह उल्टे उसे बढ़ाने में ही अपना सहयोग क्यों देने लगती है?... यह आश्चर्य और दुःख की बात तो है, लेकिन स्थिति को देखकर चुप ही रह जाना पड़ता है। अविकसित मस्तिष्क भला-...
-
और एक और भी लोगों को शिकायत है दैनिक उपासना करने के सम्बन्ध में कि हमको स्नान करना सम्भव नहीं होता, और हमें ठण्डक लगती है, जाड़े के दिनों में हम कैसे उठें?... पानी मिलता नहीं है वगैरह वगैरह। इसके लिए ये संध्यावन्दन जो आपको बता रहें हैं इसको आप यहाँ से जा करके ...
-
और कुछ कहना है?... और नहीं कुछ कहना है। ‘करिष्ये वचनम् तव’। हमने भी अपने गुरु से कहा था—‘करिष्ये वचनम् तव’, ‘करिष्ये वचन...
-
और क्या करना चाहिए?... और ये करना चाहिए कि आपको पीड़ित और पददलित मानवता के लिए, हिमायत करने के लिए कमर कस करके आगे आना चाहिए...
-
और क्या करें?... और दूसरों को सम्मान देना सीखिए। हर एक की इज़्ज़त कीजिए, छोटे बच्चों की इज़्ज़त कीजिए, धर्मपत्नी की इज़्ज़त ...
-
और भी कितने ऋषि हैं, आपको कहाँ-कहाँ तक बतायें?... अच्छा, अगस्त ऋषि को आप जानते हैं। अगस्त ऋषि ने तीन चुल्लू में समुद्र का पानी पी लिया था। अगस्त ऋषि मे...
-
करेंगे तो उससे लाभ क्या होगा?... हमको यही लाभ हो जाएगा, जैसे कि हम प्रसन्न हैं और हमसे भी ज्यादा हमारा बॉस प्रसन्न हैं। आप भी प्रसन्न ...
-
कहाँ चलना पड़ेगा?... गुरु वशिष्ठ ने कहा - तो हमारे नजदीक चलिए, जहाँ हम रहते हैं। गुरु वशिष्ठ की गुफा वहीं थी, हिमालय पे; उ...
-
किसको आप क्या देंगे — मित्रों को क्या देंगे?... दोस्तों को क्या देंगे? धन, धन नहीं। फिर सोचिए धन नहीं। आपको अपनी भावनाएँ, और अपनी विचारणाएँ, और उनको ...
-
कुछ लोग कह सकते हैं कि इससे व्यक्तित्व निखरता है?... व्यक्तित्व का अर्थ कि जो कुछ आप हैं उसकी झलक आपके सम्पर्क में आने वाले को मिल जाए। उसका शरीर प्रदर्शन...
-
कुटुम्बियों की अनावश्यक आवश्यकताओं को - अनावश्यक माँगों को मानने से इन्कार कर दीजिए, तो क्या करें?... अगर वो माँगते हैं तो भी, नहीं माँगते हैं तो भी, जरूरत जिस चीज की है उनको आप दीजिए। किसकी जरूरत है? ती...
-
कैसी प्रलय, आपको नहीं मालूम है?... कहीं गाड़ियाँ टकरा रही हैं, कहीं भूचाल आ रहा है, कहीं क्या आ रहा है, कहीं क्या आ रहा है? ये विषम परिस...
-
कैसे कायाकल्प होगा?... मैं बताने वाला हूँ आपको। पर आपको ये जान ही लेना चाहिए कि कायाकल्प भीतर से होता है, बाहर के शरीर के का...
-
कौन कर सकते हैं?... आप कर सकते हैं। आप के पास सामर्थ्य है, आपके पास साधन है। नहीं साहब, हम गरीब आदमी हैं। आपके पास बहुत स...
-
कौन-कौन से बन्धन हैं तीन?... हाँ सुनिए - एक का नाम है लोभ, एक का नाम है मोह, और एक का नाम है अहंकार। ये तीन हमारे शत्रु हैं। काम ऐ...
-
कौन-सी चीज माँगते हैं?... वह माँगते हैं, काँच के ठीकरे, जो आपके जीवन में कभी काम आने वाले नहीं हैं। माँगिए, माँगना है तो हीरा म...
-
क्या अच्छा उपयोग बन सकता है?......
-
क्या अच्छा उपयोग बन सकता है?... दो ही अच्छे उपयोग हैं - एक तो आप स्वयं में, अपने आप को ऐसा बनाएँ, जिसको (कि) आदर्श कहा जा सकता हो।...
-
क्या आपने गुरुजी का आशीर्वाद पाया?... हाँ बेटा! पाया, लाखों व्यक्तियों ने पाया और आज यदि उन सभी के बारे में लिखा जाए तो अठारह पुराण बन जाएँ...
-
क्या कमजोरी है?... एक ही कमजोरी है और वो है संकीर्णता। संकीर्णता हमारा पीछा नहीं छोड़ती। संकीर्णता यदि हमारा पीछा छोड़ द...
-
क्या करना चाहिए?... क्या विचार करना चाहिए? आपको इन दोनों समयों में, आत्मबोध और तत्त्वबोध की साधना करनी चाहिए। प्रात:काल ज...
-
क्या करना पड़ेगा?... आपको अपना दृष्टिकोण, चिन्तन और चरित्र, भावना और लक्ष्य सबको भगवान के साथ में जोड़ देना पड़ेगा। इसके बाद ...
-
क्या करें, क्या न करें?... इसी मानसिक उद्विग्न स्थिति में वे एक बार कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय गए। वहाँ उन्हें भगवान बुद्ध की शान्त...
-
क्या काम करना शुरू कर दें?... कोई आपने ऐसा काम बता दिया जो कि हम नहीं कर सकते। भाई साहब! ऐसा काम आपको बताएँगे नहीं। देख करके अपने ज...
-
क्या कारण है कि आज हमारे समाज में जो विकृतियाँ फैली हुई हैं, उनके प्रति हम जरा भी सजग नहीं हो पाते हैं?... क्यों नहीं हो पाते? छुआछूत के नाम पर, लिंग भेद के नाम पर, दहेज के नाम पर आएदिन हमारी बच्चियाँ आत्महत्...
-
क्या बनाएँ इनका?... इनका एक ही बात बनाइए - इनके अन्दर भलमनसाहत पैदा कीजिए, चरित्र-निष्ठा पैदा कीजिए, आदर्श पैदा कीजिए, सत्...
-
क्या मन है आपका?... हमारा मन ये है कि दो चीजें इस तरह की है जिसके लिए आप ये मना नहीं कर सकते कि ये चीजें हमारे पास नहीं ह...
-
क्या रूप के अतिरिक्त नारी के पास और कोई विभूति नहीं?... जरा-मरण के अदृश्य धागों से बँधी यह अस्थायी मृग मरीचिका ही नारी की विभूति नहीं हो सकती। बिना शील के रू...
-
क्या शामिल करें?... बस एक बात शामिल कीजिए कि आपके पास कम-से-कम दो चीजें हैं। विद्या आपके पास है कि नहीं हमें नहीं मालूम। ...
-
क्यों साहब आपके पास क्या चीज है?... हमारे पास वह चीज है—जिसको मैं गायत्री मंत्र कहता हूँ। आप सही तरीके से उसकी उपासना करना नहीं जानते। आप...
-
गाँधी जी क्या परिस्थिति से ऐसे ही थे क्या?... उनके पिताजी एक छोटी स्टेट में दीवान थे। और वो भी अपने लड़के को वकील बनाना चाहते थे। गाँधी जी स्वभावतः ...
-
गायत्री माता के भक्त कौन होते हैं?... गायत्री माता किसके ऊपर सवारी करती हैं? गायत्री माता हँस पर सवारी करती हैं। हँस जैसा पाक-साफ जिसका जीव...
-
गृह-उद्योग तो असंख्य हैं, पर देखना यह होगा कि उनके लिए सस्ते कच्चे माल की सुविधा है या नहीं और खपत के लिए मण्डी है या नहीं?... मात्र उत्साह भर होने से अथवा कोई शिल्प सीख लेने तक से काम नहीं चलता। इन तथ्यों को ध्यान में रखते हुए ...
-
चन्द्रगुप्त यदि जड़ होता तो कैसे बनाया जाता, बताना?... जड़ नहीं था, उसका समर्पण था। उसको बना दिया। गुरु का अनुदान और वरदान मिलता है और मिलता रहा है और मिलता...
-
चीनी क्षेत्र में भारत से पहुँचे बौद्ध ग्रंथों का अनुवाद कब, किस प्रकार, किसके द्वारा हुआ?... इसका विवरण जानने के लिए अकनुमा कृत—'दि कम्पेरेटिव कैटलाग ऑफ चाइनीज आगमाज एण्ड पाली निकायाज', अनेस्की ...
-
जब शारीरिक सौन्दर्य एक भ्रमजाल ही है तो फिर अपने आप को सुन्दर बनाने के लिए रोज-रोज ना मालूम कितने सौन्दर्य प्रसाधनों का उपयोग किया जाना अन्ध विश्वास नहीं तो और क्या है?... उनके उपयोग से व्यक्तित्व में निखार आएगा किन्तु वास्तव में यदि व्यक्तित्व को प्रभावशाली बनाने का प्रया...
-
जैसे, जैसे आप सवेरे बैठते हैं न, पूजा करते हैं तो क्या करते हैं?... बताइए। आप क्या करते हैं, आप पंच-कर्म करते हैं चलिए - पवित्रीकरण एक, आचमन दो, प्राणायाम तीन, न्यास चार...
-
तब क्या करना चाहिए आपको?... आपको एक काम करना पड़ेगा। इस दुनिया में (स) सबसे बड़ी दिक्कत ये पड़ती है कि आदमी अपनी बहुत सारी इच्छाएँ ल...
-
तब क्या करना पड़ेगा?... एक ही करना पड़ेगा, आप उसको सौंप दीजिये, अपने आप को उसके हाथ की कठपुतली बना लीजिये, तब देखिये भगवान क्य...
-
तब, क्या करें?... आप सबकी ओर से समेट करके जो बात आपके हाथ में है और जो मुट्ठी में है, उस पर केन्द्रित हो जाइये। परिस्थि...
-
तब, ये पूजा, उपासना (का इतना) कृत्य जो आप रोज करते हैं, ये किसलिए कराया जाता है?... ये वास्तव में अपने मन की धुलाई है। अपने मन की रंगाई है। पहले आप अपने आप को धो के रखेंगे तो (रंगा) रंग...
-
तीन कार्यक्रम अगले वर्ष होंगे और कैसे होंगे?... बड़े सक्सेसफुल होंगे। जैसे अब हुए, उससे भी बड़े होने जा रहे हैं और होंगे। इतना प्रचार-प्रसार बाहर भी ...
-
तीसरा, इसके सिवाय क्या कराया जा रहा (है) आपको?... आपको कुछ सेवा-साधना के लिए, स्वास्थ्य-सम्वर्धन करने के लिए काम दिया जा रहा है। जन-साधारण की सेवा भी त...
-
तो करना क्या पड़ेगा?... सौंपना पड़ेगा और क्या करना पड़ेगा। उनको बहकाना-फुसलाना और मर्जी पर चलाना पड़ेगा। नहीं, ऐसा नहीं हो सकता।...
-
तो क्या करें?... मैंने बताया न आपको — चार बात करनी पड़ेंगी आपको। तप, जिसका कि कल जिक्र किया गया था, चार प्रकार का होता ...
-
देने के लिए कुछ कम है क्या?... अपना पसीना दे दीजिए, आप मेहनत दे दीजिए। - (आप) आप लोगों के लिए (स) सहानुभूति दे दीजिए। देने के लिए कु...
-
नचिकेता के उदारचेता पिता वाजिस्रवा जब समस्त धन-धान्य लोकमंगल के लिए दान दे चुके तो उसने पूछा—आप लोभ त्याग की परीक्षा में सफल हो चुके, फिर मोह त्याग में क्यों असफल होते हैं, मुझे खिलौना बनाकर क्यों अपने पास रखना चाहते हैं, लोक-मंगल के लिए मुझे भी दान क्यों नहीं दे देते?... वाजिस्रवा ने पुत्र को अपने से बढ़कर आदर्शवादी देखा तो हर्षोल्लास से उनकी आँखें डबडबा आईं। उन्होंने तत...
-
नमन हम करते हैं, वंदन करते हैं, सूर्य नारायण को हम जल चढ़ाते हैं, इसका क्या मतलब है?... हम अपने आप को समर्पित करते हैं; अपने छोटे से बर्तन में (र) भरा हुआ जल, हम सूर्य भगवान के सामने चढ़ा दे...
-
नारी पर ऐसे प्रतिबन्ध क्यों लगे हैं?... कोई व्यक्ति यदि इसका उचित कारण विवेक से सोचना चाहे तो दो ही अंदाज लगाए जा सकते हैं—एक तो यह कि अपने स...
-
निःसन्देह यह अभिभावक एक बुद्धिमान अभिभावक हैं और बच्चों के प्रति किसी पिता का क्या कर्तव्य है?... इसको अच्छी तरह जानते तथा पालन करते हैं। जिन बच्चों को हर चीज तथा घटना को ध्यान से देखने का अभ्यास हो ...
-
पर क्या हम ऐसे हैं?... नहीं, अब हम ऐसे नहीं हैं। हम लँगोटी भी लगाते हैं, तो हमारे मकसद न जाने क्या से क्या होते हैं। हम सन्त ...
-
परिजन प्रायः पूछते हैं—दम्पति को कहाँ कैसे बैठायें?... विभिन्न धर्मग्रन्थों में जो उल्लेख है, वह यहाँ दे रहे हैं—
व्रतबन्धे विवाहे च चतुर्थ्यां सहभोजने।
...
-
पाकिस्तान क्या है?... कितना है? कैसा है? इसकी विवेचना, बहुत अधिक महत्त्वपूर्ण नहीं है। हमें उसके पीछे सन्निहित अपनी उन दुर्...
-
पुस्तकें क्या हैं?... विद्वानों के विचार-शरीर ही तो हैं। सत्संग का प्रयोजन विचारों का श्रवण, मनन तथा ग्रहण ही है। विद्वानों...
-
प्रज्ञा का अवतार हुआ है, अब यह कार्य हो रहा है, जिसे आप विराट रूप में देखते हैं, तो आप क्या कहना चाहती हैं?... गुरुजी को अवतारी बना रही हैं। बेटा! कहने दीजिए, इसमें आपको क्या एतराज होना चाहिए? अवतारी ही हैं। अरे ...
-
प्रत्येक परिजन को हम टिटिहरी के अण्डे के तरीके से सेते रहते हैं और उनको समय-समय पर भावनाओं से लेकर के, प्रेरणाओं से लेकर के, मार्गदर्शन से लेकर के कि कहीं यह विचलित तो नहीं हो रहा है; कहीं इसके पाँव तो नहीं डगमगा रहे; कहीं यह दुनिया की दौड़ में; कहीं चमक-दमक में, कहीं लुभावनेपन में तो नहीं आ गया?... आ गया है, तो उसको सँभालने के लिए भरसक प्रयास किया गया। इतना किया गया कि हमने हार नहीं मानी। तब तक उसक...
-
प्रश्न उठता है कि यदि यह बात सही है तो फिर भारतीय नारी दीन-हीन दुर्दशाग्रस्त स्थिति में क्यों है?... इसके लिए यदि हमारे जीवन मूल्य जिम्मेदार नहीं हैं तो क्या कारण है कि भारतीय नारी को घर की चहारदीवारी म...
-
प्रश्न यह उठता है कि यह सब विषय कैसे पढ़ाए जाएँ?... उनके लिए पाठ्य पुस्तकें कहाँ से मिलें? यह सच है कि ऐसे साहित्य का अब तक नितान्त अभाव रहा है। किन्तु अ...
-
प्राचीन भारत का भौगोलिक सीमांकन करना कठिन है?... क्योंकि उन दिनों शासन क्षेत्र का बहुत महत्त्व न था। यातायात के साधन कम होने से राजा और प्रजा दोनों को...
-
फिर आप क्या करें बाहर हो करके?... फिर आप ऐसे लोगों के साथ रिश्ता मिलाइए, ऐसे लोगों के साथ रिश्ता मिलाइए जिनके कि समुदाय में जाकर के आपक...
-
फिर क्या हुआ?... जब लड़कियाँ नहा-धोकर बाहर निकल आयीं, तो परीक्षित ने कहा कि बच्चियों! एक बात तो बताओ कि तुम सब सयानी लड़...
-
बस यही तो उद्देश्य है और कोई उद्देश्य नहीं?... और कोई उद्देश्य नहीं। इसलिए आपको जो पूजा में वस्तु समर्पित करते हैं उसके पीछे आत्मशिक्षण की जिसका मूल...
-
बुद्ध क्या थे?... बुद्ध एक मार्गदर्शक थे, प्रेरणा थे। उनके साथ-साथ चलने के लिए अनेक व्यक्ति तैयार हो गए, जिसमें कि एक आ...
-
बेटे के लिए विरासत छोड़ कर जाइए ताकि आदमी ये कह सके कि किसका बच्चा था?... जिससे आपका सम्मान बढ़े। न केवल अपने बच्चों के लिए, बल्कि सारे समाज के लिए विरासत छोड़ कर जाइए, ये छोड...
-
बेटे, आप नन्हे हैं तो क्या?... आपने हिम्मत तो नहीं हारी है। छोटे हैं तो क्या? नाचीज हैं तो क्या? आपके अन्दर जो देवत्व उदय हो चुका है ...
-
बेटे, इसमें किसकी विशेषता है?... इसमें भगवान राम की विशेषता है, लेकिन कम विशेषता उनकी भी नहीं है, जिन्होंने रीछ-वानर होते हुए भी कहा क...
-
बेटे, क्या आप अकेले जाइएगा?... आप अकेले नहीं जा रहे हैं। आप यह न समझें कि हम अकेले हैं, आप अकेले नहीं हैं। जिस समर्थ सत्ता के हवाले ...
-
बेटे, क्या इस एक यज्ञ से ही, जिसका आपने संकल्प लिया है, उसकी पूर्ति हो जाती है?... नहीं बेटे, यह तो शुरुआत है। अभी दो सौ यज्ञों की तो तारीखें निश्चित हो गई हैं। अभी तो आपके द्वारा और य...
-
भक्ति का मूल्य यह है कि भक्त का मन कैसा होना चाहिए?... समर्पित होना चाहिए। जिस तरीके से नाला नदी में मिल जाता है, गंगा में मिल जाता है, तो पवित्र हो जाता है...
-
भक्ति कैसी होती है?... मजनू कि बात कह रहा था। एक बार लैला ने उसका परीक्षण लेना चाहा और ये देखा कि देखें हम मजनू कैसा है। पहल...
-
भगवान क्या है?... भगवान क्या है बताइए आप। एक भगवान तो वह है, जो सारे विश्व में छाया हुआ है, सारे नियमन करता है व्यवस्था...
-
भगवान बनने की विद्या किसने दी?... विश्वामित्र ने बनाया और विश्वामित्र ने तब बनाया, जब वे समर्पित हो गए। उन्होंने फिर मुड़कर के नहीं देख...
-
भगवान स्वयं तिलक लगाने के लिए आए थे, किनके पास?... तुलसीदास के पास। हनुमान जब भगवान राम से जुड़ गए, तो शक्तिशाली होते हुए चले गए, जिनको कि हम वानर के रू...
-
भूत का चिन्तन मत कीजिए, पिछला जो घटनाएँ हो गईं तो ठीक है, आपने अच्छे काम कर लिये तो बार-बार प्रशंसा करने की जरूरत क्या है?... और आपने आपके साथ में किसी ने कोई बुराई कर ली या किसी ने दुख भुगत लिये बार-बार (करने की) कहने की जरूरत...
-
मानसिक स्वास्थ्य, सुशिक्षा से, सुसंस्कारी वातावरण से और ज्ञान अनुभव संचय करने की परिस्थितियों से बनता है, वैसी परिस्थितियाँ कहाँ हैं?... जन्म से मरण पर्यन्त एक छोटे से पिंजड़े में घुटते रहना पड़े और शिक्षा की प्रकाश किरणें समीप तक न पहुँच...
-
मैं इसमें क्या कहूँगी?... जो और कह रहे हैं, वही बात मैं कहूँ, तो यह क्या बात हुई? मेरा तो जो विशुद्ध पक्ष है, वह बेटे! भावनात्म...
-
मैं उदाहरण दे रही हूँ कि भक्ति का स्वरूप कैसा हो?... तो उन्होंने एक बात यह कही—हमारा आगा-पीछा है, तुम छोटी हो, हम बड़े हैं; लेकिन तुम मिशन की माँ हो और मा...
-
यज्ञ क्या है?... यह एक यथार्थ है, सिद्धान्त है, जीवन है, चरित्र है, व्यवहार है। व्यक्ति का चिन्तन, चरित्र और व्यवहार ठ...
-
यदि आप नहीं आएँगे तो फिर आपने डण्डा देखा है कि नहीं देखा, नहीं, रहने दो, अब नहीं कहूँगी, नहीं तो बच्चे कहेंगे कि माताजी यह क्या कह रही हैं?... अभी तो प्यार की बात कह रही थीं, अब डण्डा की बात कर रही हैं। डण्डे की बात मैं नहीं कहती बेटे! जब विश्व...
-
यदि भारतीय संस्कृति का विस्तार ये कर सकें और इनके अन्दर भावनाएँ पैदा हों, तो ये क्या नहीं कर सकते हैं?... ये तहलका मचा सकते हैं। अकेले विवेकानन्द थे, तो उन्होंने सारे विश्व में तहलका मचा दिया था। तो हमारे इत...
-
यह कौन करता है?... यह वह वाणी करती है जिसने कुधान्य नहीं खाया है। जिसने मिथ्यावाणी नहीं बोली है। जिसने किसी को क्रोध नही...
-
यह क्या है?... यह गायत्री मंत्र है। गायत्री मंत्र वह है, जो शिक्षा से पहले, अकल से पहले हर आदमी को सिखाया जाता था। ...
-
यह प्रश्न उठ सकता है कि जन-साधारण की सामर्थ्य कम होती है, उतने से क्या हो सकता है?... किन्तु यह न भूलें कि लोकमानस एक अति विशालकाय और अति समर्थ महादैत्य है। इसकी तुलना पौराणिक कुम्भकरण से...
-
यह मिनी वसन्त पर्व किस उद्देश्य से लगाया गया था?... इसी उद्देश्य से लगाया गया था कि जो हमारे परिजन हैं, जो छूट गए थे, जो वसन्त पर्व पर नहीं आए थे, उनको ह...
-
यहाँ से जब जाएँ, तो क्या होते हुए जाएँ?... आपका अन्तराल बदला हुआ हर एक को दिखाई पड़े। जो भी जाए हर एक को बदला दिखाई पड़े। आपकी धर्म पत्नी कहें ये...
-
यही तरीका एक और ने भी किया, किनने किया?... दूसरे का नाम था अंगुलिमाल, अंगुलिमाल ने अपनी जिन्दगी में बहुत हत्याएँ की थीं, कितनों के कतल किये थे औ...
-
ये कहाँ से सामर्थ्य आई?... ये बाजार में से नहीं खरीदी है। हमें सामर्थ्य वहाँ से आई, जहाँ कि अपना चिन्तन और जहाँ अपना चरित्र और जह...
-
ये किस चीज के चमत्कार हैं?... ये नारद जी के चमत्कार हैं। अरे नहीं साहब नारद जी के नहीं। विचारणा के, विचार-पद्धति को बदल देने की वजह...
-
ये कैसे हो सकता है?... ये फिजूल खर्ची की बात है। पैसा फिजूल खर्ची में खर्च हुआ तो और कहाँ जायेगा, बताइये ना। इसलिये आप पैसे ...
-
ये क्या हो गया?... ये (आ) आत्मा का विस्तार। आत्मा का विस्तार यही है जिसको हम आध्यात्मिक उन्नति के नाम से पुकारते हैं, आत...
-
ये तीर्थ यात्रा क्या होती है?... तीर्थ यात्रा कहते हैं - धर्म प्रचार की पद यात्रा - धर्म प्रचार की पद यात्रा। तीर्थ यात्रा - इसका अर्थ...
-
यों तो तर्क देने की बात ही क्या?... जब तक ही आधार है तब तो जिन्दगी को मौत और दिन को रात कहने के लिए अनेक लक्षणों को दिखाया और निकाला जा स...
-
रस और भस्में बनती हैं, उसमें क्या करना पड़ता है?... अभ्रक भस्म, लोहा भस्म, सोना भस्म, चाँदी भस्म, मकरध्वज वैगरह। ये सब क्या चीज हैं? ये रासायनिक पदार्थों...
-
लेकिन प्राचीन ग्रन्थों में नारी के लिए प्रयुक्त सभी शब्दों की व्युत्पत्ति पर ही यदि विचार करें तो भी स्पष्ट हो जाएगा कि मध्यकालीन अन्धकार युग से पहले अपने यहाँ महिलाओं के प्रति समाजशास्त्रियों का मनोभाव क्या था?... सबसे पहले 'महिला' शब्द को ही लें—मह + इलच् + आ = महिला। मह का अर्थ श्रेष्ठ या पूजा है। पूज्य, श्रेष्ठ...
-
लोग फूहड़ न कहें, स्वयं को भी अपने वेष विन्यास से मानसिक व बौद्धिक परिपक्वता, हीनता का बोध न हो इसके लिए ढंग की जलवायु और स्वास्थ्य के अनुसार साफ कपड़े पहनना तो ठीक है किन्तु शरीर को सजाने और आकर्षक बनाने के लिए ऐसे वस्त्र पहनना जिससे कि लोगों का ध्यान आकर्षित हो यह कहाँ की समझदारी है?... कुछ लोग कह सकते हैं कि इससे व्यक्तित्व निखरता है? व्यक्तित्व का अर्थ कि जो कुछ आप हैं उसकी झलक आपके स...
-
वस्तुतः सौन्दर्य है क्या?... सौन्दर्य की न कोई परिभाषा है न मापदण्ड। एक ही वस्तु कुछ व्यक्तियों के लिए सौन्दर्य की निशानी हो सकती ...
-
व्यक्तित्व का विकास, व्यक्तित्व का विकास कैसे हो?... आइए जरा विचार करें। इसके लिए कोई न कोई काम करने के लिए जगह होनी चाहिए न - प्रयोगशाला कहीं होनी चाहिए ...
-
शेर का बच्चा शेर होता है, सन्त का बच्चा सन्त होता है, ऋषि का बच्चा ऋषि होता है, तो फिर आप बकरी के बच्चे क्यों बनते हैं?... बकरी के बच्चे नहीं होने चाहिए, मैं...मैं नहीं होनी चाहिए। हम सब होना चाहिए। मैं...मैं जो करता है, उसक...
-
सभी धर्मों के लोग सह-अस्तित्व और सहयोग के साथ कितनी अच्छी तरह रह सकते हैं?... इस आदर्श की यह देश एक सफल प्रयोगशाला है। फ्रांसीसियों के यहाँ २३ बड़े शुगर मिल हैं। चीन वाले व्यापार ...
-
समझे न आप, क्या समझे?... वातावरण का बहुत भारी असर होता है, इसीलिए आपको हमने यहाँ वातावरण में बुलाया है। हिमालय के नजदीक बुलाय...
-
सम्पन्नता की परिस्थिति में जब अयोग्य नारी जीवन को कण्टकाकीर्ण बना देती है तब विपत्ति और विपन्नता के समय वह पुरुष का क्या हाथ बँटा सकती है?... उस समय तो वह और भी एक भारी विपत्ति बन जाती है।
मध्यकाल में विदेशी आक्रमणों के समय यही तो हुआ। उस सम...
-
सविता और सावित्री कौन हैं?... इस प्रश्न के उत्तर में कहा गया है कि अग्नि सविता है, पृथ्वी सावित्री है। वरुण सविता है और जल सावित्री...
-
सिनेमा में आप क्या देखने गये थे?... जब नाच हो रहा था, तो आप तालियाँ किस बात की बजा रहे थे? अगर आपकी बेटी को हजार आदमियों के सामने नचाया ज...
-
सुनने से क्या फायदा?... सत्य नारायण की कथाएँ सुनते-सुनते आप बुड्ढे हो गए, रामायण सुनते-सुनते आप बुड्ढे हो गए, भागवत सुनते-सुन...
-
सैरगाहों में क्या करेंगे?... सैरगाहों में कितने आदमी आते हैं आप ने देखे नहीं, विदेशों में भी जाते हैं, घूमक्कड़ लोग जाते हैं, कोई ...
-
सौन्दर्य प्रसाधनों के उपयोग के समय, श्रम, धन और स्वास्थ्य की कितनी हानियाँ उठानी पड़ती हैं फिर भी महिलाएँ इनका अँधाधुन्ध प्रयोग बढ़ाती ही रहें तो उसे अन्धविश्वास नहीं तो और क्या कहा जा सकता है?... जबकि पाश्चात्य देश की नारियाँ इन प्रसाधनों से बेजार हो चली हैं और वे अब 'फेयर सेक्स' नहीं कहलाना चाहत...
-
स्वामी विवेकानन्द से एक बार अमेरिका में पूछा गया कि भारत छोड़कर आप वेदांत की शिक्षा देने इतनी दूर क्यों आए?... इसके उत्तर में उन्होंने यही कहा कि भारत अभी लंघन से उठ रहा है। उसे पुरुषार्थ करने और रोटी-रोजी कमाने ...
-
हम किसकी तरफ देखते हैं?... हम धनवान की तरफ देखते हैं। हाँ साहब ! इसके पास इतनी सम्पत्ति है, क्या करें? सम्पत्ति है, बनी रहेगी। उ...
-
हमने एक ही बात की बाबत विचार किया है कि हम दूसरों की मुसीबतें, दूसरों की तकलीफें, दूसरों की कठिनाइयों में क्या कुछ मदद कर सकते हैं?... अगर कर सकते हैं, तो हमने भरसक की है और साथ में एक और भी बात की कोशिश की है कि कहीं से जितना हमारा खरच...
-
हमने कितना प्रयास किया है, कितना इनको संस्कारी बनाया है?... कितना सुयोग्य बनाया है और कितना ज्ञानवान बनाया है। ये हमारे उद्देश्य हैं। हम कामुक नहीं हैं। हम कुत्त...
-
हमारे गुरु ने क्या दिया?... हमको बताइए जरा। कोई रुपयों का बण्डल दिया है क्या, हमको पोटले भर कर दिया है क्या, हमको औलादें दी हैं क...
-
‘कट’ क्या होता है, आप जानते हैं क्या?... आपको नहीं मालूम, किसी मॉडर्न लड़के से पूछिए। पहले तो रंग-रूप ही था—सफेद गोरा, काला ही था, पर अब यह एक ...
-
अगले दिनों क्या करना पड़ेगा?...अगले दिनों परिव्राजक योजना का शुभारम्भ कर रहे हैं, जिसके लिए पहली बार आप आए हैं, जिसका आप श्रीगणेश कर र...
-
आप समझ क्यों नहीं पा रहे हैं?...उस बीज को जरा उगने तो दीजिए। उस पर फूल-फल आने तो दीजिए। आपने तो उसे अँगारे के नीचे दबा रखा है। ऐसे दबा...
-
इस स्थान पर आप आए हैं और जिसका विश्वास लेकर के आए हैं, जिसके आँचल के नीचे आए हैं और जिसकी छत्रछाया के नीचे आप आए हैं, तो वह तो आपको मिलेगा ही; लेकिन आपने अपनी तरफ से कोई प्रयास नहीं किया है, तो आपको कितना मिलेगा?...बताइए न? थोड़े दिन आशीर्वाद काम करेगा। फिर तो अपना पुरुषार्थ ही काम करेगा।
सन्त हृदय नवनीत समाना
बेट...
-
ऐसी नारी कनिष्ठ कैसे हुई?...निकृष्ट कैसे मानी गई? नर ने उसका अभिवन्दन करने के स्थान पर उस पर आधिपत्य कैसे जमा लिया? पूजार्ह को शोष...
-
कितने लाभ में हैं?...वे जिन्होंने उस समय निस्स्वार्थ भाव से कार्य किया था। अब तो उसमें स्वार्थ भी घुस गया, लाइए साहब! दीजिए...
-
कैसे प्यारे बच्चे हैं?...छाती से लगाने लायक बच्चे हैं, प्यार करने लायक हैं। दूर-दूर से आए हैं, तो क्या इनमें कुछ अच्छाई नहीं है...
-
जब तक परत जमा है, तो उससे हम गरमी प्राप्त नहीं कर सकते हैं?...उन परतों को हटाया जाना चाहिए। हमारे अन्दर जो भी परतें हैं, इनका तो आप अन्दाजा लगाइए कि क्या-क्या परतें...
-
जब नदी और नाला आपस में मिल गए, तो उस नाले की गन्दगी कहाँ रही?...नाले ने अपने को गंगा में समर्पित कर दिया, उस नदी को जो सुरसरि की धारा है।
आत्मचिन्तन का अवसर
ऐसे...
-
जब नेपोलियन ने पूछा—"माँ मैंने क्या किया?...बहन ने तो उसके अमरूद गिराए थे, वह तो दोषी है, पर मैं दोषी कहाँ हूँ?" माँ ने उत्तर दिया—"बेटे! तू उसका ...
-
जब हम स्वयं हर काम में समय की पाबन्दी नहीं करते तो भला बच्चों में इसकी आदत कैसे डाल सकते हैं?...प्रायः हर घर में बच्चे दिन भर खाया करते हैं। मैंने एक माताजी से पूछा—'आप अपने बच्चों को कितनी बार दूध ...
-
जीवन में माँगा है?...कभी नहीं माँगा और कभी माँगेंगे भी नहीं; लेकिन एक चीज माँगने के लिए तुम्हारी माँ उपस्थित हुई है कि कौन ...
-
जैसा साँचा, वैसा आकार—कभी क्या बन जाता है, तो कभी क्या बन जाता है?...मिट्टी तो एक ही होती है, लेकिन साँचे अलग-अलग होते हैं, तो वही स्वरूप निखर करके आता है। नहीं साहब! हमार...
-
जो अपनी मौत आप मर रहा हो, उसके अनौचित्य के सन्दर्भ में बहुत चिन्ता करने की आवश्यकता नहीं, आवश्यकता इस बात की है कि कोठी को भरा कैसे जाए?...क्षति की पूर्ति कैसे हो? खाईं पाटने के लिए क्या किया जाए और खण्डहरों के स्थान पर नया भवन कैसे खड़ा हो?...
-
ढर्रा चल रहा है तो उसे ऐसे ही क्यों न चलने दिया जाए?...पुरुष को लाभ प्रतीत होता है और नारी भी उसकी अभ्यस्त हो गई है, तो इस प्रसंग में क्यों छेड़-छाड़ की जाए?...
-
नारी जीवन की यह करुणाजनक स्थिति अपने ऋषि वंशजों से पूछती है कि क्या सचमुच हमारे पितामह इतने निर्मम रहे होंगे?...कन्या को करुणा और वात्सल्य की स्नेहमूर्ति समझने वाले भारतीय समाज ने समय-समय पर इन घातक प्रथाओं का स्वय...
-
पिछड़ापन कौन दूर करे?...इसके लिए उनसे कहा जाएगा जो गतिशील हैं। सुख और सौभाग्य को मिल-बाँटकर खाया जाना चाहिए। अन्यथा वह विग्रह,...
-
पिता की कमाई बेटा क्यों खाएगा?...वह अगर समर्थ है, तो पिता के बाद, पिता की कमाई को माता-पिता के श्राद्ध में ही लगाना चाहिए।...
-
पिता ने पूछा—"यह क्या कर रहे हो?...ये कहाँ से लाए?" बच्चों ने कहा—"अपने माता-पिता के लिए लाए हैं। जब हम बड़े हो जाएँगे, तो आपको इन्हीं बर...
-
मन कभी क्या कहता है, तो कभी क्या कहता है?...हाथ में माला लगी रहती है और दिमाग न जाने कहाँ घूमता रहता है? न जाने किधर को जाता है। इधर तो गुरुजी की ...
-
शान्ति कहाँ मिली?...ईमानदारी में मिली, भले से वह जौ की रोटी क्यों न हो, सत्तू की क्यों न हो? वह मोहनभोग से ज्यादा है, मेवा...
-
श्रद्धा जीवन में कितनी फलदायी होती है कि मैं आपसे क्या कहूँ?...बेटे! कहते नहीं बनता। यह जिन्दगी का अनुभव है। यह आप जो सुन रहे हैं, यह हमारी जिन्दगी का अनुभव है। अनुभ...
-
समय से पहले यदि आप सजग हो जाएँ, तो क्या हर्ज की बात है?...आपको जगाने वाला भी मौजूद है। आपको प्रेरणा देने वाला भी मौजूद है और आपको पुचकारने वाला भी मौजूद है। आपक...
-
सामाजिक न्याय मिलने पर नारी को क्या मिलेगा?...इस प्रश्न के उत्तर में स्वाभिमान और स्वावलम्बन की स्थिति प्राप्त करने का अधिकार ही कहा जा सकता है। श्र...
-
सामान्य दृष्टि से भी देखा जाए तो नेलकटर या चाकू ब्लेड से नाखून काटने की अपेक्षा दाँत से नाखून काटना क्यों अच्छा लगता है?...सीधा सा उत्तर है—सहज रास्ता तलाश करना, श्रम से बचना और ये सब प्रयत्न की, सुरक्षा के अभाव की अनुभूति बन...
-
अब बुढ़ापे में, इस अवस्था में भी हम कर सकते हैं, तो आप नौजवान हो, क्यों नहीं कर सकते हो?...प नौजवानों में नया खून है। जो बूढ़े हो गए, उनकी तो चला-चली की वेला है, हमारा भी तो चला-चली का रास्ता ह...
-
जब लाली को देखने गए तो हम भी लाल ही हो गए, क्यों न हो जाएँगे, क्योंकि हम उपासना रूपी उस लालिमा को जो देखने चले हैं?...ब हम भगवान की गोदी में बैठ जाएँगे, भगवान से लिपट जाएँगे, तो हम क्यों न वैसे हो जाएँगे। मनुष्य अपनी संक...
-
ईश्वर के पास बैठना अर्थात् उपासना कैसे हो?...का उपाय है उसके साथ अपने आप को जोड़ देना। इसमें अपनी हस्ती, अपनी इच्छा मिटा कर ईश्वर को समर्पित करनी ...
-
किस लड़की का किस लड़के से विधि वर्ग मिला या नहीं?... बात परिवार वालों को देखनी है। दोनों पक्षों की उपयुक्तता मिलती हो, तो समझना चाहिए कि जोड़ी मिल गई। पर...
-
जिस जाति के पास ऐसे कोई महापुरुष नहीं है वह बड़ी अभागी है और उन्नति के मार्ग पर उसका अग्रसर होना अत्यन्त कठिन है, क्योंकि जब उसके सामने कोई उच्च आदर्श ही नहीं तो किस प्रकार अवनति के गड्ढे से निकलकर उन्नति के शिखर की तरफ अग्रसर हो सकती है?...लिए समाजशास्त्र वेत्ताओं ने यहाँ तक कह दिया है कि जिस जाति के पास दुर्भाग्य से उच्च आदर्श के लायक को...
-
देखना यह है कि क्या अनास्था उत्पन्न करने से व्यक्ति या समाज को कुछ लाभ मिलेगा?... दिशा में जितना अधिक चिन्तन किया जाए उतना ही स्पष्ट होता जायेगा कि उसमें इसकी तुलना में हानि अधिक है...
-
देखा जाय कि धूमधाम वाली, दहेज ठहराव वाली शादियाँ क्या आवश्यक है?... सन्दर्भ में समस्त संसार पर दृष्टिपात करना होगा। कहीं भी ऐसा प्रचलन न मिलेगा, जहाँ इस प्रकार का आडम...
-
नचिकेता के उदारचेता पिता वाजिश्रवा जब समस्त धन-धान्य लोक मंगल के लिए दान दे चुके तो उसने पूछा आप लोभ त्याग की परीक्षा में सफल हो चुके, फिर मोह-त्याग में क्यों असफल होते है, मुझे खिलौना बनाकर अपने पास क्यों रखना चाहते हैं, लोक मंगल के लिये मुझे भी दान क्यों नहीं दे देते?...जिश्रवा ने पुत्र को अपने से बढ़कर आदर्शवादी देखा तो हर्षोल्लास से उनकी आँखें डबडबा आई। उन्होंने तत्का...
-
भिन्नताओं के मध्य आज की परिस्थितियों के अनुरूप क्या है?...याय और औचित्य की कसौटी पर कौन से तर्क, तथ्य और प्रमाण मानने योग्य हैं-यह देखा जाना चाहिए। हर उचित-...
-
भूतकाल में हमारे पूर्वज समस्त विश्व का मार्गदर्शन करने में किस प्रकार सफल हो सके?...के लिए उन्होंने अपने में किस स्तर की क्षमता एवं आदर्शवादिता को विकसित किया? यही इस रचना का मूल उद्दे...
-
मनुष्य मूलतः क्या है?...की मूलभूत जन्मजात प्रवृत्तियाँ क्या हैं। इस सन्दर्भ में उसके उद्गम स्रोत पर ध्यान देना चाहिए। वह ईश्व...
-
यह सब कैसे किया जाय?...का एक ही उत्तर है कि प्रवासी भारतीय स्वयं देव संस्कृति का उत्तराधिकारी प्रतिनिधि अनुभव करें। सम्पर्क...
-
सोचा यह जाना चाहिए कि गरीब वर्ग पर इस प्रथा के कारण कोल्हू में पिलने जैसा कितना संकट टूटता है?...की लड़कियाँ माता-पिता की आँखों में से आँसू बरसते देखकर कितना सकुचाती हैं और अपने को अभागी मानती हैं। ...
-
हमें इन पाश्चात्य प्रतिपादकों की मान्यताओं पर तनिक भी ध्यान नहीं देना चाहिए और पूछना चाहिए कि यदि सभी जानवर विकसित हो रहे हैं, तो मनुष्य शरीर का विकास कब से हुआ और भविष्य में क्या अन्तर पड़ेगा?...खों वर्षों से मनुष्य इसी स्तर के शरीरों में रह रहा है और उसकी प्रवृत्तियों एवं आदतों में भी कोई अन्त...
-
अटल से मिलना हमें है, शून्य तट पर दृष्टि कैसी?...
बन्धनों से प्रीति कैसी? बन्धनों से प्रीति कैसी?दीप बन जलना हमें है, विश्वतम हरना हमें है।
ध्येय त...
-
इस सन्दर्भ में मैं आपके सामने कुछ आदमियों के नाम रखना चाहता हूँ कि परिवर्तन कैसे होते हैं?...शंकराचार्य को आप जानते हैं न? शंकराचार्य एक मामूली घर के लड़के थे। उनकी माता यह उम्मीद करती थी कि पढ़ाने...
-
एक भी आँसू न कर बरबाद बन्दे, कौन जाने कब समन्दर माँग बैठे?...
कोठरी मन की सदा रख साफ बन्दे, कौन जाने कब स्वयं प्रभु आन बैठे?
कोठरी मन की सदा रख साफ बन्दे, .......
-
और किसकी सहायता हुई?...सदन का नाम सुना है आपने, कि वह कैसा आदमी था? कसाई का धन्धा करता था, जानवर काटता था, पवित्र शालिग्राम-प...
-
कंकड़ सा बेमोल समझकर, क्यों उसको ठुकराया?...
बता कौन सुख पाया?
तुझे मिला कंचन सा जीवन॥कभी न ऊँचे आदर्शों का, दीखा तुझे सबेरा।
कभी प्यार ममता...
-
करें कैसे विदा वे स्वर, तुम्हारी प्रेरणाओं के?...
थकन में जो मिले तुमसे, सुखद झोंके हवाओं के॥
बिछुड़ सकते भला कैसे, हमारी कामना हो तुम॥
हृदय से दू...
-
करें मान या धन की याचना क्यों?...
तुम्हीं प्राण धन हो तुम्हीं को वरेंगे॥
तुम्हारे लिए हैं तुम्हारे रहेंगे,
तुम्हारे लिए हम सभी कु...
-
कोठरी मन की सदा रख साफ बन्दे, कौन जाने कब स्वयं प्रभु आन बैठे?...
कोठरी मन की सदा रख साफ बन्दे, .......चाह हो तो राह बन जाती गगन में, चाह से उत्साह भरता मन बदन में।
...
-
क्यों नहीं परमार्थ पथ का मान रखते, क्यों नहीं इंसानियत की शान रखते?...
है तुम्हें दाता विधाता ने बनाया, क्यों अरे खुद को भिखारी मान बैठे?
कोठरी मन की सदा रख साफ बन्दे, ...
-
क्यों रुके हो?...साधना के क्षेत्र में आगे बढ़ो॥क्यों प्रगति पथ में तुम्हारे, हो रहा उत्पन्न भय?
श्रम बिना ही चाहते हो...
-
चाह पूरी हो यही सब माँगते हैं, किन्तु उसका मर्म कब पहचानते हैं?...
स्वर्ग भूतल पर गढ़े कैसे विधाता, नर्क में ही सुख मनुज यदि मान बैठे।...
-
तुम बुलाते हो उसे यदि भावना से, कौन जाने कब निमन्त्रण मान बैठे?...दर्द यदि उभरे कभी मन में तुम्हारे, खर्च मत करना बिना सोचे विचारे।...
-
तू है कौन पुत्र किसका है, और कहाँ से आया?...
लक्ष्य कहाँ है राह कौन है, तू यह समझ न पाया।
और यहाँ तू सपनों में ही, अब तक है भरमाया॥
अगर नहीं...
-
दल-दल में बोलो, फिर कैसे, कर ले हँसा वासा रे?...
हँसा भूखा प्यासा॥नीर-क्षीर का ज्ञान इसे है, पर कैसे समझाए?
सद्गुण की पहचान इसे है, पर कैसे बतलाये...
-
दीप पर जलना हमें है, दाह से फिर भीति कैसी?...
बन्धनों से प्रीति कैसी? बन्धनों से प्रीति कैसी?सिन्धु से मिलने चले हैं, सर्वस्व निज देने चले हैं।
...
-
धार से जो हार जाये, वह प्रबल मल्लाह क्या?...
नीचे गिरो मत, हर घड़ी ऊँचे उठो, ऊँचे चढ़ो॥
क्यों रुके हो? साधना के क्षेत्र में आगे बढ़ो।
क्यों रु...
-
ध्यान का क्या मतलब है?...ध्यान का मतलब है कि हमारे जीवन के दो पक्ष हैं। एक पक्ष वह है जो बाहर फैला हुआ पड़ा है। हमारे कानों के ...
-
ध्यान किसका किया जाता है?...स्वयं का या भगवान का? बेटे स्वयं तो क्या और भगवान तो क्या दोनों एक ही हैं। स्वयं का विकसित रूप ही भगवा...
-
ध्येय जब यह बन चुका है, कीर्ति में आसक्ति कैसी?...
बन्धनों से प्रीति कैसी? बन्धनों से प्रीति कैसी?...
-
ध्येय तिल- तिल जलन का है, कालिमा से भीति कैसी?...
बन्धनों से प्रीति कैसी? बन्धनों से प्रीति कैसी?आधार ही बनना हमें है, नींव में रहना हमें है।...
-
ध्येय हो अपना अटल, फिर चोट क्या है, आह क्या?...
बीच में ही टूट जाये, वह प्रबल उत्साह क्या?
धार से जो हार जाये, वह प्रबल मल्लाह क्या?
नीचे गिरो ...
-
पराधीन वाणी से कैसे, सबका करे खुलासा रे?...
हँसा भूखा प्यासा॥मिथ्या मीठी बात बनाना, कभी न इसको भाया।
कपट भरा व्यवहार न इसने, पल भर भी अपनाया॥...
-
प्यार है आपके पास?...भक्ति है आपके पास? नहीं है। अगर भक्ति और प्यार रहा होता तो आपने अपने माँ-बाप की सेवा को होती। बहन-भाइय...
-
बता कौन सुख पाया?...सृष्टा का तू बहुत लाड़ला, राजकुँवर कहलाया।
नहीं पिता के कामों में पर, तूने हाथ बँटाया॥
तुझे श्रेष्...
-
बना कोयला चन्दन का यूँ, भला कौन सुख पाया?...
बता कौन सुख पाया?सृष्टा का तू बहुत लाड़ला, राजकुँवर कहलाया।
नहीं पिता के कामों में पर, तूने हाथ ब...
-
बन्धनों से प्रीति कैसी?...बन्धनों से प्रीति कैसी?सिन्धु से मिलने चले हैं, सर्वस्व निज देने चले हैं।
अटल से मिलना हमें है, शून्...
-
बीच में ही टूट जाये, वह प्रबल उत्साह क्या?...
धार से जो हार जाये, वह प्रबल मल्लाह क्या?
नीचे गिरो मत, हर घड़ी ऊँचे उठो, ऊँचे चढ़ो॥
क्यों रुके ह...
-
भूखा-प्यासा पड़ा पड़ोसी, तूने रोटी खाई क्या?...
पहले सबसे पूछकर, भोजन को तू खाया कर॥
मन-मन्दिर में गाफिल तू, झाडू रोज लगाया कर॥
प्रेमी भर तू प्...
-
मनुष्य की महत्ता ही नहीं, सत्ता पर प्रश्नचिह्न?...यह स्पष्ट है कि इन दिनों विभिन्न क्षेत्रों में जो प्रगति हुई वह असाधारण एवं
अभूतपूर्व है। विकास विस...
-
माँझी भय क्या तुझे?...भले ही, आँधी या मझधार॥आज उदिध सीमा-बन्धन से, मुक्त हो रहा ले अँगड़ाई।
लहरों के विद्रोही उर में, जाग ...
-
श्रम बिना ही चाहते हो, क्या सफलता पर विजय?...
सोचते हो क्या? गिने क्षण ही तुम्हारे पास हैं।
हाथ में आया हुआ क्यों, खो रहे हो अब समय?
बढ़ चलो न...
-
सद्गुण की पहचान इसे है, पर कैसे बतलाये?...
काम-क्रोध-मद की कारा ने, बन्दी इसे बनाया।
पराधीन वाणी से कैसे, सबका करे खुलासा रे?
हँसा भूखा प्य...
-
सर्वोत्तम यन्त्र, यज्ञ-व्यवस्था का उदाहरण?......
-
सर्वोत्तम समाधान कौन दे सकता?...— माँ, पिता, गुरु और चिकित्सक
सर्वोत्तम यन्त्र, यज्ञ-व्यवस्था का उदाहरण?...
-
साधकों में से कई व्यक्ति हमसे यह पूछते रहते हैं कि हम क्या करें?...मैं उनमें से हर एक से कहता हूँ कि यह मत पूछिए बल्कि यह पूछिए कि क्या बनें? अगर आप कुछ बन जाते हैं तो क...
-
सुकोमल भावना कैसे, सरल मन से अलग होगी?...
करें कैसे विदा वे स्वर, तुम्हारी प्रेरणाओं के?
थकन में जो मिले तुमसे, सुखद झोंके हवाओं के॥
बिछु...
-
सोचते हो क्या?...गिने क्षण ही तुम्हारे पास हैं।
हाथ में आया हुआ क्यों, खो रहे हो अब समय?
बढ़ चलो निर्द्वन्द्व, कोरी ...
-
हमारी पू०गुरुसत्ता कौन?...गायत्री (ज्ञान-विद्या) और सावित्री (भौतिक विज्ञान) के सिद्ध साधक।हिमालय की ऋषि-सत्ताओं के साक्षात प्रत...
-
हमें पूर्वजों क्या मिला?...हमने अपने बच्चों को क्या दिया?—
प्रदूषण, युद्धोन्माद, खाद्य-संकट, अपराधों की वृद्धि आदि समस्याएँ सम...
-
हाथ में आया हुआ क्यों, खो रहे हो अब समय?...
बढ़ चलो निर्द्वन्द्व, कोरी कल्पनाएँ मत गढ़ो॥
क्यों रुके हो? साधना के क्षेत्र में आगे बढ़ो।
क्यों ...
-
है तुम्हें दाता विधाता ने बनाया, क्यों अरे खुद को भिखारी मान बैठे?...
कोठरी मन की सदा रख साफ बन्दे, कौन जाने कब स्वयं प्रभु आन बैठे?
कोठरी मन की सदा रख साफ बन्दे, कौन ...
-
अपने आप को पहचानें, आप कौन हैं?...
मित्रो! न केवल इतने देवता आए थे, वरन बहुत सारे देवता आए थे। जब गोवर्द्धन उठाने का वक्त आया था ...
-
अभीष्ट प्रयोजन के लिए समय निकालें कैसे?... मनोयोग जुड़े कैसे? श्रम संलग्नता बने कैसे? इन समस्याओं का समाधान एक ही है कि जिन ललक लिप्साओं में इतने...
-
आप भोजन प्रयोग में ला रहे हैं, उसमें जीवन रक्षक तत्व मौजूद हैं, या नहीं?... आपका भोजन केवल जिह्वा की तृप्ति मात्र के लिए तो नहीं होता? अत्यन्त खेद के साथ कहना पड़ता है कि इसमें से...
-
आपने हमारे निर्देश स्वीकार किए?...
मित्रो! आप अपनी दुनिया के सौ फीसदी मालिक हैं और भगवान अपनी दुनिया का मालिक है। एक दिन मैंने आप...
-
इतना जानते हुए भी यदि कोई जान बूझकर अपने पैरों कुल्हाड़ी मारे, काँटों पर चले, गड्ढे में गिरे और बर्र के छत्ते में हाथ डाले तो कोई क्या करे?... समझदारी का अभाव समझ में आता है। उसके लिए भाग्य-भगवान को दोष देकर भी जी हलका किया जा सकता है। किन्तु त...
-
इस पर गुरुजी ने कहा, ‘‘तू क्यों चिन्ता करता है?... मैं पाँचवाँ डॉक्टर आ गया हूँ न। तुझे अब कभी बुखार नहीं आयेगा।’’ मैंने कहा, ‘‘गुुरुजी, मेरा पेट भी भार...
-
इसी दौरान जयपुर से वीरेन्द्र अग्रवाल जी आये, उनके सामने भी चर्चा हुई, तो उन्होंने कहा, ‘‘गुरुजी, संगमरमर की छतरी बना दें?... ’’ गुरुजी बोले, ‘‘ठीक है, संगमरमर की बना दो।’’ इस प्रकार गुरुजी ने अपने रहते ही सजल-श्रद्धा और प्रखर-...
-
एक दिन पूज्यवर के पास बैठे हुए मुझे एक प्रश्न सूझा, मैंने कहा-‘‘गुरुजी एक प्रश्न पूछूँ?... ’’ उन्होंने कहा-‘‘हाँ बेटा! जो भी पूछना है पूछो। बिल्कुल पूछो।’’
मैंने कहा ‘‘हमने सुना है गुरुजी, क...
-
एक दिन मैंने गुरुदेव से प्रश्न किया, ‘‘गुरुदेव युग निर्माण कैसे होगा?... अभी तो इसके कुछ भी लक्षण दिखाई नहीं देते?’’ गुरुजी ने कहा-‘‘तुम लोग क्या समझते हो? क्या मैं केवल शान्...
-
एक दिन मैंने गुरुदेव से प्रश्न किया-‘‘गुरुदेव, मैं तो पढ़ा लिखा नहीं हूँ, फिर मुझे यहाँ क्यों बुलाया?... यहाँ तो पढ़े-लिखों का काम अधिक है।’’
गुरुदेव बोले, ‘‘बेटे, पढ़े-लिखे को अपने ज्ञान को भुला कर हमारे ज्...
-
करना क्या चाहिए?... यदि इस प्रश्न का उत्तर गम्भीरता और दूरदर्शिता के सहारे उपलब्ध करना हो तो एक ही निष्कर्ष पर पहुँचना पड़...
-
कहाँ जाना है?... क्या करना है? अभी यह बात स्पष्ट नहीं थी। बात, सिर कटाने की थी, सो घर से परमीशन की आवश्यकता नहीं लेने ...
-
किस वाणी से किया व्याख्यान?...
मित्रो! अभी तक जो व्याख्यान दिए हैं, वे चमड़े की जीभ से-बैखरी वाणी से दिए गए हैं। बैखरी वाणी क...
-
कौन कितना जिया?... इसका लेखा-जोखा वर्ष, महीने या दिनों को गिनकर नहीं करना चाहिए वरन् देखा यह जाना चाहिए कि जीने वाले ने ...
-
खुराक कैसे बेकार जाती है?... १-उस पानी को फेंक देने से जिसमें चावल या तरकारियाँ पकाई गई हैं।२-बहुत अधिक पकाने या खुले बर्तनों में ...
-
गायत्री माता को मारेगा क्या?... मिशन की लोकप्रियता व प्रतिष्ठा देखकर एक स्थान पर एक मन्दिर के पुजारी ने गायत्री माता की मूर्ति भी मँगव...
-
गुरुजी अपने काम में तल्लीन थे सो पूरे शब्द ठीक से नहीं सुने और पूछा, ‘‘क्या कहा?... ’’ कार्यकर्ता ने पुनः अपनी बात दुहराई, ‘‘गुरुजी, अभिनेष तो डाक खाने गया है।’’ उसका बोलने का ढंग कुछ अ...
-
गुरुजी ने कुछ पटाखे बच्चे के हिसाब से छाँटे और कहा-‘‘इसे बाँध दो और कितना पैसा हुआ, बताओ?... ’’
मैं हैरान होकर, गुरुजी की ओर देखने लगा। सोचा, दुकान तो गुरुजी की ही है। फिर भी इतने थोड़े से पटाखो...
-
गुरुदेव ने चुटकी ली-क्यों, सिकुड़ा हुआ बैठा है?... मैं अछूत हूँ क्या? मुझसे कुछ भी जवाब देते नहीं बना। फिर मैं सहज होकर ठीक से बैठ गया। ऐसे थे गुरुदेव! ...
-
गुरुदेव बोले, ‘‘बाबा, आप ऐसी जि़द क्यों करते हो?... आपने तो हठ योग की साधना यहीं पर शुरू कर दी।’’ महात्मा जी बोले, ‘‘मैं तो हूँ ही हठ योगी।’’ हार कर गुरु...
-
जब कल्पना जगत में बेपर की उड़ाने ही उड़नी हैं तो फिर उन्हें विधेयात्मक स्तर की क्यों न गढ़ा जाय?... असफलता के स्थान पर सफलता का स्वप्न देखने में क्या हर्ज है? संकट के न आने और उसके स्थान पर सुखद सम्भाव...
-
जब वह लौटकर आया तो पूज्य गुरुदेव ने मंद-मंद मुस्कराते हुए पूछा, ‘‘पण्डित श्रीराम शर्मा आचार्य नहीं मिले क्या?... ’’
‘‘क्यों हमारा मजाक बनाते हैं प्रभु..? कहते हुए वह सज्जन उनके चरणों में गिर पड़े।’’
चरण मत छोड़नाऐस...
-
डॉक्टरों ने कहा, ‘‘हाँ एक शुभ्रवस्त्रा तेजस्वी महिला आई तो थी, कहाँ गई पता नहीं?... शायद बाहर होंगी। लेकिन, आप भीतर कैसे आ गईं? बाहर जाइये, पाण्डेजी की तबियत अचानक खराब हो गई थी, अब ठीक...
-
तू मुझे देख रहा है?...
श्री शिवप्रसाद मिश्रा जी, शान्तिकुञ्ज
1970 की घटना है। टाटा नगर में 1008 कुण्डीय यज्ञ सम्पन्न होना...
-
तेरा प्रमोशन हुआ?... सन् 1974 में मेरे पति श्री गौरीशंकर शर्मा जी जब प्राणप्रत्यावर्तन शिविर पूरा होने पर गुरुजी से मिलने ...
-
दूसरे दिन प्रातः पूज्यवर ने पूछा, ‘‘वीरेश्वर, झालर के लिये कहा क्या?... ’’ ‘‘हाँ, गुरुजी।’’
‘‘कितने का?’’
‘‘जी, पचास रुपये का’’
सुनकर गुरुजी बोले, ‘‘जा, जा! मनाकर दे। मुझ...
-
निर्देश भला अमान्य कैसे होता?... लौटते में वहाँ गाड़ी रोकी गई। गुरुदेव ने उसे देखा। खूब हँसे और कहा, ‘‘ज्वाला, इसका भी उद्घाटन करूँ?’’
...
-
पता नहीं, गुरुजी एवं माताजी की परस्पर क्या चर्चा हुई थी?... पर उसमें माताजी का कथन सत्य हुआ था। अतः गुरुजी ने कहा, ‘‘अच्छा! हम हार गये? तो चलो, मूँछ मुँड़ा लेते ह...
-
पूज्य गुरुदेव नाराज होकर बोले, ‘‘हमें नहीं जानते?... हमने मूँगफली बेचने वालों को लखपति बना दिया है। हम हिमालय से आए हैं। अभी हमने अपनी तपस्या का चार आने ख...
-
पूज्यवर ने उद्घाटन के बाद कहा-‘‘अगाधू, भोजन का क्या इंतजाम है?... ’’ ‘‘गुरुजी, इंजीनियर साहब के घर भोजन की व्यवस्था की गई है।’’ अगाधू जी ने उत्तर दिया।
‘‘अच्छा! तेरे ...
-
प्रश्नः-आत्मा की आवाज कैसे सुनी जाय?...
गुरुदेवः-अपना परिष्कार कर, श्रद्धा-विश्वास से, जीवन का आदर्श लक्ष्य तथा आत्मीयता का विस्तार करके सु...
-
प्रश्नः-और यदि शरीर रहते संकल्प टूट जाय, तब क्या करें?...
गुरुदेवः-फिर वही संकल्प करना चाहिए।
प्रश्नः-साधारण व्यक्ति जिसमें साधारण संस्कार हैं। हम अपनी आध्य...
-
प्रश्नः-दुख कैसे दूर किए जायें?...
गुरुदेवः-अज्ञान, अभाव और आसक्ति को हटाकर दुख दूर किए जा सकते हैं।2. यह तो गूँगे का गुड़ हैवे परिजन ज...
-
फिर मेरी ओर इशारा करते हुए कहने लगे, ‘‘परसों ये लखनऊ जाने वाला है इसका कोई बिस्तर ही उठा कर चलता बनेगा, तो यह क्या कहेगा?... ’’ उस समय तो हम सबको हँसी आ गई और वातावरण हल्का हो गया। पर मज़े की बात यह हुई कि वास्तव में उस यात्रा...
-
बहनों ने गुरुजी से कहा, ‘‘गुरुजी, हम यह सब कैसे करेंगे?... ’’ गुरुजी बोले ‘‘बेटा, सब हो जायेगा।’’
हम सब गुरुजी के कहे अनुसार सुबह से ही तैयार हो जाते। भाई लोग ...
-
भटनागर जी ने आश्चर्य मिश्रित स्वर में कहा, ‘‘क्या कह रहे हैं आप?... मैं झूठ बोल रहा हूँ क्या? मैं, गुरुजी के साथ था। मैं तो यह सोच रहा था कि आप कैसे हैं, जो गुरुजी को अक...
-
भला विधाता से मन की बात कैसे छिपी रह सकती थी?... मेरे आँसू देखकर उन्होंने कहा-‘‘बेटे! तूने मुझसे पूछे बिना ही उसे ठीक होने के लिये कह दिया।’’
और पुनः...
-
माताजी ने कहा, ‘‘आप क्या कह रहे हैं?... ’’ तो गुरुजी बोले, ‘‘शरीर तो हम छोड़ेंगे ही। अमर तो हैं नहीं।’’ फिर अन्य लोगों के उदाहरण देने लगे कि फ...
-
मुझसे काम नहीं चलेगा?...
श्री राम सिंह राठौर, शान्तिकुञ्ज
मैंने शान्तिकुञ्ज में गुरुवर से भेंट के समय सामयिक सभी चर्चा की ...
-
मुझे थोड़ा आश्चर्य हुआ कि वे क्या कह रहे हैं?... गुरुदेव तो लाइब्रेरी से ट्रेन टाइम के निकल जाने के भी आधे घण्टे बाद मेरे साथ घर लौटे व चादर ओढ़कर सो ग...
-
मुझे लगा मैंने पत्र तो डाला नहीं पर पूज्यवर को कैसे मालूम?... मुझे लगा निश्चित ही वे दो लड़के पूज्यवर के अंश होंगे। जिन्होंने मुझे हाथ पकड़ कर गार्ड के डिब्बे पर चढ़ा...
-
मेरे लिए क्या लाई है?...
मैं शान्तिकुञ्ज में ही पहली बार गुरुजी-माताजी से मिली। भिलाई की ही एक कार्यकर्ता, विजया बहन मुझे अप...
-
मैं उनके शब्दों को सुन कर कुछ क्षणों तक सोचती रह गई, गुरुजी यह क्या कह रहे हैं?... ‘‘कार्तिकेयकों हमारा आशीर्वाद कहना। गंगा को हमारा आशीर्वाद कहना।...
-
मैं कोई राजेश खन्ना हूँ?... प्रारम्भ में ई.एम.डी. विभाग बहुत छोटा सा था। थोड़ा-बहुत गीतों की रिकार्डिंग आदि का काम होता था। साधन भी...
-
मैं खुद आश्चर्य में था कि मैं जो किराना सामान लाया था, उसी में सब व्यवस्था कैसे पूरी हो गई?... बारात की विदाई के बाद भी पूड़ी-सब्जी, लड्डू आदि बहुत बचा था। मानो माताजी स्वयं इसे पूर्ण करने आई थीं। ...
-
मैं बहुत घबराई कि इतनी सुबह माताजी ने क्यों बुलाया है?... मुझसे कोई गलती हो गई है क्या? मैं डरते-डरते माताजी के पास पहुँची। माताजी हँसकर बोली, डरती क्यों है? म...
-
मैंने उपाध्याय जी से पूछा कि कौन आ रहा है?... उन्होंने जवाब दिया, ‘‘मुझे पता नहीं।’’
दूसरे दिन स्वयं गुरुदेव साधना कक्ष में आए और कहा कि कल जो मैं...
-
मैंने कहा गुरुजी, ‘‘हम लोग माताजी के लिये कुछ नहीं कर सकते क्या?... वह हमारी भी तो माताजी हैं।’’ गुरुजी बोले, ‘‘जरूर करो, पर अपनी कमाई में से करना। मैं जनता की कमाई में ...
-
मैंने कहा ‘‘हमने सुना है गुरुजी, कुम्भ के मेले में हिमालय से ऋषि-मुनी व अन्य बड़ी-बड़ी हस्तियाँ भी कुम्भ में स्नान करने आती हैं?... क्या यह सच है?’’
‘‘हाँ बेटा! जरूर आयेंगी। ये सभी हस्तियाँ स्नान के लिये आयेंगी पर किसी को नजर नहीं आ...
-
मैंने गुरु जी से पूछा, ‘‘गुरुजी, मेरा भविष्य कैसा निकलेगा?... ’’ गुरुजी बोले, ‘‘तेरा भविष्य मैंने बना कर रख दिया है। तू चिन्ता मत कर।’’एक दिन बात करते-करते मैंने गु...
-
मैंने माताजी को प्रणाम किया तो उन्होंने पूछा-कोई तकलीफ है क्या?... मैंने कहा-माताजी और तो कोई तकलीफ नहीं है, बस एक पीड़ा है, मेरी माँ जब मैं डेढ़ साल का था, तभी गुजर गई थ...
-
मैंने माताजी से पूछा, ‘‘आज चटनी बनी है क्या?... ’’ माताजी बोलीं, ‘‘न लल्लू! मेंहदी धरी है। आज करवाचौथ है, ले थोड़ी मेंहदी मुक्ति के लिये भी ले जा, वो ...
-
यदि गहरी न छानी हो और अपना अस्तित्व शरीर से भिन्न भी प्रतीत होता हो, तो फिर सोचना होगा कि सृष्टा ने जो सुविधाएँ किसी भी जीवधारी को नहीं दी है वे मात्र मनुष्य को ही क्यों प्रदान कर दी?... जबकि उसे समदर्शी न्यायकारी और परमपिता कहा जाता है। इन तीनों विशेषताओं का तब खण्डन हो जाता है, जब अन्य...
-
यह कैसे प्राप्त हो सकते हैं?... लोहा-मक्का, अखरोट, मूँगफली, बाजरा, सूखे मेवे, गेहूँ, जौ, सोयाबीन, पालक। कैल्शियम-दूध, सब्जियाँ, रोटी।...
-
यह चर्चा इसलिए हो रही है कि आहार पर पड़ने वाले प्रभाव के सम्बन्ध में यह जाना जा सके कि किस स्तर के व्यक्तियों के प्रभाव क्षेत्र में विनिर्मित हुआ आहार किन प्रभाव, विशेषताओं से सम्पन्न हो सकता है और उसका उपयोग करने वाले पर क्या प्रभाव पड़ सकता है?... शारीरिक पोषण में जो प्रभाव खाद्य पदार्थों में पाये जाने वाले रसायनों का होता है, ठीक वैसा ही उदरस्थ क...
-
वह बुजुर्ग कौन थे?...
(श्री नारसिंह भाई परमार, बड़ौदा गुजरात। नारसिंह भाई सन् 1988 में पूज्य गुरुदेव से जुड़े।)
श्री नारसि...
-
सात्विक आहार क्या है?... जो ताजा, रसयुक्त, हलका, स्नेह युक्त, पौष्टिक, मधुर और प्रिय हो उसे सात्विक आहार कहते हैं। जैसे गेहूँ,...
-
सुनकर, गुरुजी नाराज हो कर बोले, ‘‘आप लोगों ने मुझे समझ क्या रक्खा है?... मिशन का पैसा, बेटे को मकान बनाने के लिये दे दूँ? क्या मुझे चोर समझ रक्खा है? बेईमान-उचक्का समझ रक्खा ...
-
सृष्टा ने मनुष्य स्तर तक पहुँचाने पर जीवधारियों की क्रमिक प्रगति और पात्रता को देखते हुए सोचा, कि क्यों न इसे सृष्टि की सुव्यवस्था में सहयोगी बनाकर अपना थोड़ा सा भार हल्का किया जाय?... इसी दृष्टि से उसे युवराज का पद प्रदान किया गया और तदनुरूप समर्थता से सम्पन्न किया गया कि सृष्टि की सु...
-
सो पंद्रह सौ रुपये में तू अमेरिका जायेगा?... ’’ यतीन्द्र बोला, ‘‘गुरुजी, इसीलिए तो आपके पास आया हूँ।’’ गुरुजी बोले, ‘‘अच्छा बेटा, मैं सब ठीक कर दू...
-
हमें तो कुछ समझ नहीं आया, क्या हुआ था?... पर लम्बे अर्से बाद पता चला कि मुझे खाने में कुछ दिया गया था और मेरे ऊपर मारण प्रयोग किया गया था। बतान...
-
‘‘कौन खाली हाथ माँग रहा है?... मैं तो खाली हाथ लूँगी भी नहीं।’’ और माताजी ने सबको मन पसन्द न्यौछावर देकर बालक को गोद में ले लिया।
स...
-
‘‘चौहान जी, लड़की की शादी की तैयारी हो गई?... ’’
वे कहते, ‘‘सब गुरुजी ठीक करेंगे।’’ शादी में मात्र दो माह का समय था। जब भी पूछते, उनका एक ही जवाब...
-
‘‘बेटा, यह माला तू कितने में लाया?... ’’ मैंने बतलाया, ‘‘दो आने में गुरुजी।’’ इसपर गुरुजी बोले, ‘‘बेटा, तेरे दो आने खर्च हो गए और यह माला म...
-
"इसलिए हमारे पिताजी यह कहते हैं कि बेटे, मेहनत से पैसा कैसे कमाया जाता है?...? यह मेहनत करके सीखो और कुछ कमा करके लाओ। हमें कुछ और काम तो समझ में नहीं आता, इसलिए हम अख़बार बेचते र...
-
(अ) प्रशिक्षक बालकों को खीरा दिखाकर पूछता है-‘‘यह क्या है?...? ’’
बालक- ‘‘खीरा!’’
प्रशिक्षक- ‘‘इसका उपयोग क्या है?’’
बालक- ‘‘यह खाने के काम आता है।’’
प्रशिक्षक- ‘‘...
-
(३) विद्यार्थी जीवन की समस्यायें व उनका निवारण; आप क्या करेंगे?...? २२०
(४) दुर्व्यसनों से हानि ही हानि २२३
बाल संस्कार शाला के आचार्य हेतु निर्देश
१. स्वयं निर्धारित ...
-
- इन प्रेरक प्रसंगों/दृष्टान्तों से क्या सीखा?...? छात्रों से चर्चा करें।
स. सुविचार/सद्वाक्य
प्रति सप्ताह एक सद्वाक्य सुनायें और बड़े-बड़े शब्दों में ल...
-
- खेल के समय बालक कहाँ जाते हैं?...? क्या करतें हैं? किसकी संगति में रहते हैं? आदि गतिविधियों पर दृष्टि रखें।
२०. सायंकालीन प्रार्थना एव...
-
- ध्वनियों के सही उच्चारण पर ध्यान दें, यह देखें कि कौन छात्र गलत उच्चारण कर रहा है?...? उसे बीच में ही रोक कर सही उच्चारण का अभ्यास कराएँ।
- उच्चारण में आरोह और अवरोह पर ध्यान दें।
- प्रति...
-
- बिस्तर से उठकर रात्रि से तांबे के लोटे में रखा जल जितना पी सकें-पियें?...? माता पिता क्या करें? आचार्य क्या करें?
उषापान का लाभ एवं तरीका बतायें। जैसे-
-पेट साफ हो जाता है, कब...
-
-किसे क्या पढ़ना है?...? यह सुनिश्चित कर दें।
-पढ़े हुए विषयों पर छात्रों में योग्यता के विकास की दृष्टि से चर्चा करें।
-पढ़े ग...
-
-पढ़े गए विषय पर भाव संक्षेपण एवं सार संक्षेप लिखवायें?...?
-पढ़े हुए में से तथ्य परक सामग्री बिन्दुवार खोजने को कहें।
-कुछ प्रमुख तथ्यों की तुलना एवं विवेचना क...
-
55 साल की उम्र हुई तो क्या?...? कोई फरक नहीं पड़ता। छापेखाने वाले कई बार गलती कर जाते हैं। एक अक्षर की जगह दो अक्षर लगा देते हैं। 5 ...
-
अगर आपका चिन्तन और आपके गुण, आपका स्वभाव और आपका दृष्टिकोण विकसित नहीं हुआ है, तो देवता आप पर प्रसन्न हैं, मैं यह मानने को तैयार नहीं हूँ; क्योंकि अगर देवता प्रसन्न रहे होते, तो आपका चिन्तन परिष्कृत क्यों नहीं हुआ?...? आपके दृष्टिकोण में विकास क्यों नहीं हुआ? आप क्षुद्र क्यों बने हुए हैं? आप सीमाबद्ध कैसे बने हुए हैं?...
-
अगले जन्म में क्या होगा बेटे?...? मैं नहीं जानता और इस बाबत मैं कुछ भी नहीं कह सकता। मैं तो इसी जन्म की बात कहता हूँ। मैंने अध्यात्म क...
-
अच्छा, तो आप कौन से भगवान का दर्शन करना चाहते हैं?...? जो हँसते हों, चलते हों, बोलते हों, बातचीत करते हों, ऐसे शंकर जी चाहिए, तो फिर परसों आना। क्यों? परसो...
-
अनुष्ठान को क्या खुराक मिलनी चाहिए?...? उस दिन आपको इशारा किया था? मैं चाहता हूँ कि आपको गम्भीर होना चाहिए। आप जो पैदावार करना चाहते हैं, वह ...
-
अब आप जा ही रहे हैं, तो अपना दिल खोलकर बात ही क्यों न कह लूँ?...? कहनी चाहिए। मैं एक माँ हूँ, आप बच्चे हैं, तो मुझे कहनी चाहिए। आप तो उनमें से हैं, जो आप हजामत भी बना...
-
अब कहाँ जाया जाए?...? इस प्रश्न ने श्रुतिधर को झकझोरा! वन, पर्वत, आकाश सभी तो अमंगल से परिपूर्ण हैं उनका हृदय उद्वेलित हो ...
-
अब मैं क्या कहूँ कि आप कौन हुए हैं?...? मैं यह क्यों कहूँ? मेरे तो आप बच्चे हैं। आप हमारे कुटुम्बी हैं, तो आपकी बेइज्जती करने का हमारा मन नह...
-
अब्राहम लिंकन जब प्रात:काल टहलने जाते तो लोग अपनी घड़ियाँ मिला लेते थे कि समय क्या है?...? उनका समय, नियम और क्रम पूर्णतया व्यवस्थित था, उसमें कभी यत्किंचित भी अन्तर नहीं आता था। इसलिए लोग उनक...
-
अभी भी लोग दाँतों तले उँगली दबाकर यह कहते हैं कि इतना विशाल आयोजन, इतनी-इतनी भव्यता, पत्रिका का इतना विशाल पाठक-क्षेत्र, इतने अनुशासित परिजन इन सबके लिए आपके पास खरच कहाँ से आता है?...? अरे! आपको मालूम पड़ गया, तो आप भी चले जाएँगे, आपको क्यों बता दें, हमारी बैंक कहाँ की है? बैंक में ला...
-
अरे माताजी कल तो ऐसा ऐसा बोल रही थीं, आज क्या बोल रही हैं?...? हम यह सुनने थोड़े ही आए थे। हमें कोई चटपटी कहानियाँ सुनाओ, अच्छा वह भी हम सुना देंगे, उसके लिए आप धै...
-
अरे, किन-किन का कहें कि किसको सामना नहीं करना पड़ा प्रतिकूलताओं का?...? मरना तो एक दिन है ही। देखा जाएगा, यदि किसी के भाग्य में ऐसा ही है, तो ऐसा भी देखा जाएगा। शहीद की तरह...
-
अवांछनीयता अपना कर हमने क्या खोया?...? क्या पाया? इस प्रश्न पर गम्भीरता पूर्वक विचार किया जाना चाहिए। प्रकृति प्रदत्त सुविधाओं का उपभोग करन...
-
आचार्य क्या करे?...?
-माता-पिता को प्रणाम/ चरण स्पर्श का महत्त्व बतायें।
- मातृ देवो भव, पितृ देवो भव, गुरु देवो भव का भाव...
-
आचार्य क्या करें?...?
- बच्चों को अपने वस्त्र, जूते, शयन कक्ष एवं परिसर की स्वच्छता एवं व्यवस्था का महत्त्व बताएँ।
- श्रम क...
-
आज के युग में जो अय्याशी का युग है, कोई नौकरी छोड़ने के लिए तैयार होता है?...? नहीं, छोड़ने के लिए तैयार नहीं होता है। लेकिन कितने ही लड़के ऐसे हैं, जिन्होंने ऐसा कदम उठाया। कितने...
-
आदत क्या होती है?...? धैर्य और पराक्रम से आपके आन्तरिक जीवन में, बहिरंग जीवन में, आलस्य और प्रमाद जैसे दुश्मन भाग जाएँगे। भ...
-
आदमी इतना समझदार और इतना अज्ञानी?...? समझदार इतना कि सारे-के-सारे काम करता है, पैसा कमाता है, व्यापार करता है, धंधा करता है और बड़ा आदमी ब...
-
आप अपनी पत्नी का दिल जीत सकते हैं क्या?...? अगर ऐसा बना सकते हैं, तो मैं खुशी से आपको शादी का आशीर्वाद दूँगा। कुत्ते-कुतिया के ब्याह में कोई आशी...
-
आप अपने आस-पास रहने वालों को देखिए कि उनकी मान्यता कैसी है?...? बया पक्षी का उदाहरण मैं प्रायः देता रहता हूँ। बया का घोंसला आप कंपटीशन में बैठा दीजिए। बाकी सब पक्षि...
-
आप आश्चर्य करेंगे कि क्या बिना पैसा के भी कोई धनवान हो सकता है?...? लेकिन सत्य समझिये इस संसार में ऐसे अनेक मनुष्य हैं, जिनकी जेब में एक पैसा नहीं है या जिनकी जेब ही नह...
-
आप ऐसे कीजिए कि मन्त्र के साथ-साथ में आपने पढ़ा होगा—योगशास्त्र में लिखा है—क्या लिखा है?...? मन्त्र को अर्थ समेत जपना चाहिए। अर्थ समेत आप कहाँ जपते हैं? ये गलत बात है। गायत्री मन्त्र की जिस प्र...
-
आप खण्डित हो जाएँ, आप टूट जाएँ, तो हम क्या कर सकते हैं?...? हम कुछ नहीं कर सकते; लेकिन हमने आपको बाँधकर रखा है। अपने हृदय से बाँधकर रखा है। अपने विचारों से, अपन...
-
आप जब बच्चे थे और बात नहीं मानते थे, तो माँ क्या करती थी, जरा बताना?...? एक इधर-से और एक उधर-से चपत लगाती थी। यही करती थी न? खैर आप अब दाढ़ी-मूँछ वाले हो गए हो, तो हमें वैसा...
-
आप जो पाने के लिए आए थे, मालूम नहीं, आप क्या पाने के लिए आए थे?...? लेकिन इन दिनों आपके लिए जितना श्रम किया गया, आपके सोते में, जागते में हर समय हम आपके साथ-साथ रहे। मा...
-
आप पूँछेंगे कि आवश्यकताओं, आराम की वस्तुओं और विलासिता की चीजों में क्या अन्तर है?...? मनुष्य के लिए सबसे मूल्यवान उसका शरीर है। शरीर में उसका सम्पूर्ण कुटुम्ब भी सम्मिलित है। वह अपना और ...
-
आप विश्वास रखिए, जिस दिन आपके अन्दर विश्वास जागेगा, बस, उसी दिन देखिए, आप में से कौन-कौन क्या-क्या बनता है?...? बिलकुल आप बन जाएँगे, जो कि हमारे जीवन का अनुभव है। हम स्वयं बने हैं, आपके सामने हैं। आप किन आँखों से...
-
आप शरीर का संशोधन कहाँ तक करते रहेंगे?...? अच्छा यही मान लें कि शरीर का संशोधन तो आप कर ही लेंगे, तो उसमें शरीर का ही तो लाभ होगा न, शरीर का ही...
-
आप सब कौन बैठे हैं?...? हमारी निगाह से देखिए, तो आप सब भगवान के स्वरूप बैठे हैं; लेकिन आपने अपने भगवान को सुला रखा है। अभी ज...
-
आप से कोई क्या शिक्षा पाएँगे?...? आपको जो कोई देखेगा, वह कहेगा—आ! हा! हा, यही हैं गायत्री परिवार वाले देखो-देखो इनके घर में क्या हो रह...
-
आपकी भावनाएँ न मालूम कहाँ सो गईं, सिद्धान्त जाने कहाँ चले गए, व्यक्ति पाषाण हो गया है, भावहीन हो गया है, भावनाएँ हैं नहीं?...? भगवान के प्रति भावनाएँ नहीं हैं। भगवान की उपासना तो करते हैं; लेकिन वहाँ भी हमारा स्वार्थ चलता है, म...
-
आपके दिल में जरा भी असर नहीं पड़ता है, तो आप पाषाण हैं कि नहीं हैं?...? पाषाण हैं। यदि सहृदय हैं, तो आपको संकल्प लेना चाहिए कि हम इस दहेज के राक्षस को मिटाकर के रहेंगे। जो ...
-
आपके पास पैसा है?...? हाँ, अन्धाधुंध पैसा है। प्रभाव है? हाँ, हमारे पास इतना बड़ा प्रभाव है कि हम कहीं नहीं जाते और लोग हमा...
-
आपके सामने तो अपना मन खोलकर के भी रखने की कैसे हिम्मत करेगी?...? नहीं बेटे! आपको हम दबाव देकर कहते हैं कि नारियों को आगे आने दीजिए। उनको काम करने दीजिए। हम एक-एक मही...
-
आपको क्या मिल जाता है?...? क्या कमा लेते हैं, सच-सच बताइए।" उन्होंने कहा—वकालत किए हुए ज्यादा समय नहीं हुआ है। हमें 200 रुपये म...
-
आपने कभी गायत्री माता देखी हैं क्या?...? नहीं साहब! सपने में देखी थीं और आपने जो फोटो छापकर भेजा था, तो उसे देखा था। असली गायत्री कभी देखी आप...
-
आपने छोटी-छोटी चीजों की तमन्नाएँ मेरे सामने रखीं और आपने मूलमंत्र को अपने मन में से निकाल दिया, जो कि एक ही लक्ष्य है—अध्यात्म, जिसे पाने के बाद में आदमी निहाल हो जाता है और आदमी न जाने क्या-से-क्या हो जाता है?...? मैं उस बड़े रास्ते पर आपको चलाना चाहता था। मैं यह नहीं चाहता कि छोटी-छोटी चीजों के लिए आप बार-बार मु...
-
आपने देखा है न?...? अभी नहीं देखा। गुरुजी का वो विराट रूप देखिए, जो काकभुशुण्डि ने भगवान राम के पेट में जाकर देखा था। भग...
-
आपने पैसा कमाया न?...? ठीक है, उस पैसे का हिसाब दीजिए कि उसे किस काम में खरच किया। आपने अकल कमाई, विद्वान हो गए न, ठीक है।...
-
आहार में इस बात का महत्त्व कम है कि क्या खाया गया, तथ्य इसमें है कि कैसे खाया जाय?...? साधारण रोटी, दाल, शाक जो भारत जैसे गरीब देश की बहुसंख्यक जनता के लिए सम्भव है, उसी के सहारे स्वास्थ्...
-
इनको सन्त कहेंगे?...? नहीं, बेटे! सन्त कहने में लज्जा आती है। हे भगवान! कहीं सन्त हों और वे खड़े हो जाएँ, तो उनके पाँव को ...
-
इस पीड़ित नारी से नर को क्या लाभ मिला?...? उसे असहाय बना कर किसने क्या पाया? घर परिवार के लोगों की इससे क्या सुविधा बढ़ी? पति को उससे क्या सहयो...
-
इस संसार को बनाने वाले ब्रह्माजी ने एक बार मनुष्य को अपने पास बुलाकर पूछा- ‘तुम क्या चाहते हो?...? ’
मनुष्य ने कहा- ‘मैं उन्नति करना चाहता हूँ, सुख-शान्ति चाहता हूँ और चाहता हूँ कि सब लोग मेरी प्रशंस...
-
इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब यह है कि नीचे वाले कमरे में रहने वाले किरायेदार ने नल खोल रखा है और ऊपर वाला किरायेदार चिल...
-
इसका सार अब आप समझ गए होंगे कि उन्होंने जो उपासना की, इतनी तपस्या में अपना शरीर गलाया, उसका प्रतिफल क्या मिला?...? उसका प्रतिफल यह मिला कि जैसा दृष्टिकोण था, जैसा चिन्तन था, उसका वैसा ही फल मिलता है। पति-पत्नी फिर ख...
-
इसके पीछे क्या राज छिपा है, आपको मालूम है?...? आपको तो केवल क्रियाकलाप ही मालूम हैं कि हमसे यह कह दिया गया है। एक से पाँच बनाओ, पाँच से पच्चीस बनाओ...
-
इसमें प्राण कौन डालेगा?...? आप लोग डालेंगे, जो यहाँ उपस्थित हैं। यह मिट्टी का शरीर है, इसमें प्राण डालने हैं, आपको प्राण फूँकने ...
-
उन्होंने कहा कि क्या चाहता है?...? उसने कहा कि तेरे साथ शादी करना चाहता हैं। शादी करना चाहता है? हाँ। शादी तो हम जरूर कर लेंगे, परन्तु ए...
-
उन्होंने कहा भाई, आप लोग क्यों रो रहे हो?...? वे बोले—भगवान हम तो कुछ माँगना चाहते हैं। बोलो न, माँगो! तुम एक वरदान माँगो तो बुढ़िया सबसे पहले आ ग...
-
उन्होंने कहा—जो हमारे अन्दर दुर्गुण हैं, इससे तुम्हारे अन्दर कोई नफरत हुई क्या?...? तो उनने कहा—ऐसा कैसे हो सकता है? आप तो मेरे भगवान हैं। आप जानें—आपका काम जाने। मेरा जो कर्तव्य हैं...
-
उन्होंने कहा—बच्चे, तू क्यों रोता है?...? मैं यों रोता हूँ कि मेरी मम्मी तो सुअरिया बन गई, अब मेरा लालन-पालन कैसे होगा? मुझे खाना कौन खिलाएगा?...
-
उन्होंने कहा—बाकी के मेरे परिजन कहाँ गए?...? बाकी के आपके परिजन नरक में गए हैं। उन्होंने कहा—तो मुझको भी वहीं भेजिए, जहाँ मेरे परिजन हैं। जहाँ मे...
-
उन्होंने लिखा कि गाँधी जैसा मैंने देखा और जो पास में एक मसखरा नाई रहता था, उससे पूछा—"यह बताओ भाई, गाँधी जी क्या करते रहते हैं?...? तुम तो हजामत बनाते हो न। इनके तुम ज्यादा निकट हो; क्योंकि तुमने तो शरीर छुआ है न। तो बताओ तुमको ज्या...
-
उन्होंने विचार किया कि आज हमारे द्वार पर अतिथि आया हुआ है, क्या यह भूखा ही चला जाएगा?...? उन्होंने कहा नहीं? भूखा नहीं जाना चाहिए; क्योंकि ये हमारे अतिथि हैं, हमारे दरवाजे पर आए हैं, हमारा क...
-
उस परमसत्ता को हम कैसे भुला सकते हैं?...? उस सन्त को मैं क्या, आप में से कोई भी भुला नहीं सकता। आपको यह काम हाथ में लेना चाहिए, जो भगवान बुद्ध...
-
उस पागल सन्त ने नारद जी से कहा—तो क्यों नहीं बनाए?...? इसलिए नहीं बनाए क्योंकि उनका मकसद यह था कि सन्त अपने लिए कम-से-कम चाहता है और ज्यादा-से-ज्यादा जो भी ...
-
उसके साथ क्या करेंगे?...? उसका एक ही विकल्प है कि जहाँ हमने गड्ढा किया है, उसका दूना हम पाटेंगे। पाटेंगे, तो उसका लाभ हमें यह ...
-
उसने कहा कि दूसरों से हमें क्या फायदा?...? हमें तो अपने लिए चाहिए, हमको दीजिए। हमें क्या मतलब कि हमारा पड़ोसी दुःखी है, सुखी है या पीड़ा-पतन नि...
-
उसने तीसरा प्रश्न किया, ‘‘क्या आप लोगों में से कोई मेरे कन्धे पर बैठ सकता है, जब मैं इस प्रपात को पार करूँ?...? ’’
इस प्रश्न पर भीड़ में सन्नाटा छा गया। कोई भी उसके कन्धे पर पार करते समय बैठने को तैयार नहीं हुआ। ...
-
उसने दूसरा प्रश्न किया,‘‘क्या मैं फिर इस पार से उस पार तक इसी प्रकार पार कर सकता हूँ?...? ’’ भीड़ ने उत्तर दिया ‘‘हाँ।’’
उसने तीसरा प्रश्न किया, ‘‘क्या आप लोगों में से कोई मेरे कन्धे पर बैठ ...
-
उसने हँसते हुए कहा—यहाँ आपके कैसे दिन कटते हैं?...? बेटे! वह तो सब महिलाओं को मालूम हो सकता है। पति के बगैर—उसके पास पति न हो, तो उसका दिल कितना दहलता ह...
-
उसमें यह कहा कि आप मेरा मार्गदर्शन करिए मैं किस तरीके से अपने गृहस्थ जीवन से लोहा ले सकूँ?...? क्योंकि मुझे भगवान को स्मरण नहीं करने दिया जाता है।
तुलसीदास जी का जीवनदर्शन
तो उन्होंने एक कव...
-
एक ऐसा प्रकाश है, जो हमारे भीतर दीपक जैसे जलता है, पर हम क्या कर सकते हैं?...? हमने तो भीषण जगत में पूरा खरच कर दिया, सारा-का-सारा तेल टपक गया। अब दीपक जलता तो है, टिमटिम करता तो ...
-
एक बार हम महाराष्ट्र गए और महर्षि कर्वे के आश्रम से यह सीखकर आए कि महिलाओं की सेवा किस तरह से हो सकती है?...? बच्चों की सेहत को कैसे सुधारा जा सकता है? महर्षि कर्वे के आश्रम में जाकर मैंने यह सब सीखा। उन्होंने ...
-
एक भिखारी आया, उसने कहा—"हमको पैसा दीजिए?...? " उन्होंने कहा—"तुम हट्टे-कट्टे जवान हो। तुम्हें भीख माँगने की आवश्यकता क्यों पड़ गई? मेहनत-मजदूरी क...
-
एक मोमबत्ती जलाकर बालकों से पूछा जाता है कि एक मोमबत्ती जलने के लिए कौन-कौन सी बातें आवश्यक होती हैं?...? बालक उत्तर देते हैं कि बत्ती (धागा) प्राणवायु, मोम, चिनगारी, माचिस आदि।
प्रशिक्षक जलती हुई मोमबत्ती ...
-
एडवर्ड वटलर लिटन ने अपने एक मित्र को कहा था—लोग आश्चर्य करते हैं कि मैं राजनीति तथा पार्लियामेंट के कार्यक्रमों में व्यस्त रहते हुए भी इतना साहित्यिक कार्य कैसे कर लेता हूँ?...? 60 ग्रन्थों की रचना मैंने कर ली? पर इसमें आश्चर्य की बात नहीं। यह नियन्त्रित दिनचर्या का चमत्कार है।...
-
ऐसे स्वर्ग का क्या करेंगे?...? वही उन्होंने बीड़ा उठाया और अपने अन्दर यह दृढ़ संकल्प किया कि व्यक्ति के अन्दर देवत्व का उदय होना चा...
-
और क्या खुला हुआ है?...? वहाँ एक हजार कोढ़ियों के रहने के लिए बेड, अन्धों की सुविधाा—ऐसी बहुत बड़ी कॉलोनी बनी है, एक नगर बसा ह...
-
कभी आपने सोचा है कि आपका वेतन क्यों २० तारीख को समाप्त हो जाता है?...? आप असन्तुष्ट झुँझलाये से क्यों रहते है?
अच्छा अपने घर के समीप वाली जो पान-सिगरेट की दुकान है, उसका ...
-
कस्सविता का सावित्री?...?
अग्निरेव सविता पृथ्वी सावित्री।
कस्सविता का सावित्री?
वरुण एव सविताऽऽपस्सावित्री।
कस्सविता का सावित...
-
कहाँ तक सफल होंगे?...? यह तो भगवान मालिक है, कोई हमारी जिम्मेदारी नहीं है, पर जो कुछ भी हम कर सकते हैं, वह तो हम करें। तो आ...
-
कितनी संख्या हो गई?...? सबको मिलाकर मैं समझती हूँ कि बहुत जनसंख्या हो गई और कौन से हो गए? वे बेटे और बेटियाँ हो गए। कौन से ब...
-
किन-किन रूपों में आप सेवा कर सकते हैं?...? उस सेवा का बाह्यस्वरूप हमारे कार्यकर्ता आपको बताएँगे। आप झोला पुस्तकालय के माध्यम से करेंगे; क्योंकि...
-
किन्तु कितने व्यक्ति हैं जो समय का मूल्य समझते और उसका सदुपयोग करते हैं?...? अधिकांश लोग आलस्य और प्रमाद में पड़े हुए जीवन के बहुमूल्य क्षणों को यों ही बर्बाद करते रहते हैं। एक-...
-
किसकी गुलाम है?...? पति की गुलाम, सास की गुलाम, वह सबकी गुलाम है। खुली हवा में साँस लेने का अधिकार उसको है कि नहीं? बिलक...
-
किसी बच्चे के बारे में उसके विवाह की बात सोचते समय सबसे पहले यह देखने की आवश्यकता है कि क्या वह उस गुरुतर जिम्मेदारी को वहन कर सकने के योग्य हो गया?...? यदि भली प्रकार ठीक जानने के उपरान्त उत्तर हाँ में मिलता हो तो ही उस बात को आगे बढ़ाना चाहिए। इस संदर...
-
किसी समय में हमारे राष्ट्र में ब्राह्मण-पुरोहित का बाहुल्य था, फिर क्या हुआ?...? जो ब्रह्मबीज थे, वे गलते हुए चले गए। भूमि यदि सही नहीं है, तो उसमें कुछ भी बोया जाएगा, तो नष्ट हो जा...
-
कोई खरच नहीं होगा?...? गाजे-बाजे में कुछ नहीं खरच होगा और दावत में तुम्हें नहीं मालूम है? दोपहर को दावत मिलेगी बेटे! दलिया,...
-
कोई फावड़ा चला रहा था और कोई कुदाली चला रहा था, कोई क्या कर रहा था-कोई क्या कर रहा था?...? मैंने भरपूर उनको हृदय से आशीर्वाद दिया कि भगवान अगर कोई शक्ति हो हमारे अन्दर, कोई तप किया हो तो उसका...
-
कोर्ट में भगवान जी ने अपनी सफाई में कहा कि कलेक्टर के पास कई-कई जीपें होती हैं, तो क्या यह सब कलेक्टर के लिए ही होती हैं?...? हाईकोर्ट ने कहा कि नहीं। उन्होंने कहा—बैंकों के पास लाखों रुपये रखें जाते हैं। खजांची के पास चाबी हो...
-
कौन जाने आप में से कौन-सा हनुमान हो सकता है, कौन जाने आप में से नल और नील हो सकता है और कौन जाने आप इन बच्चियों में से हमारी गिलहरी हो सकती हैं?...? लेकिन हम ऐसे संकीर्ण, खुदगर्ज हैं, जो हम घर से बाहर नहीं निकलने देते।...
-
कौन डॉ बैरोज?...?
सन्यासी ने अपने चोगे की जेब में हाथ डाला पर हाथ खाली ही निकला।
क्यों, क्या हुआ?
मैं डॉ. बैरोज के ना...
-
कौन परवाह करता है उस समय?...? जो मान और इज्जत अपने राष्ट्र की बचानी है, तो हम उसके लिए कुरबानी देंगे। हमारे में जो त्याग के भाव हो...
-
कौन से हथियार थे?...? शृंगी ऋषि के पिता लोमश ऋषि को राजा परीक्षित ने अपमानित किया। गले में मरा हुआ साँप डाल दिया। बाल शृ...
-
कौन-कौन सी पूरी हुई?...? जब हमने किसी जमाने में 1000 कुण्डीय यज्ञ किए थे, तो लोग यह कहते थे कि आप कर लेंगे, 1000 कुण्डीय यज्ञ...
-
कौन-सी आग है हमारी?...? वह हमारी जनमानस की आग है, जो आपको दिखाई नहीं पड़ती है। वही मैं कह रही थी कि गुरुजी के अन्तरंग में घु...
-
क्या आप ऐसे ब्रह्मचारी नहीं बनेंगे?...? क्या आपको ऐसा प्यार करना नहीं आता है? केवल अपने बच्चों को ही प्यार कर सकते हैं, दूसरों को नहीं कर सक...
-
क्या तपस्या इसी को कहते हैं?...? तपस्या वह दीपक है, वह अग्नि है, जिस प्रकार अग्नि के पास बैठने से गरमी आती है। चन्दन जहाँ पैदा होता ह...
-
क्या मतलब है आपका?...? बेटे, मेरा मतलब यह है कि शरीर के श्रम का, अन्नमय कोश का अपमान, अन्नमय कोश का उपहास जो भी आदमी करते ह...
-
क्या रखा है?...? तुमसे भी गए बीते हैं, शक्ल- सूरत में, फिर भी गुरुजी के यदि दर्शन करने हैं तो उनकी फिलॉसफी देखिए, उनक...
-
क्या हमने अपने आप को गुलाब की तरह सुगन्धित बनाया?...? क्या अपने आप को हँसता हुआ आदमी बनाया? क्या अपने आप को पुष्प बनाया? क्या अपने आप को हँसता-हँसाता, खिल...
-
क्या हमारे अमूल्य श्वाँस-प्रश्वाँस की कुछ क्रियाओं की तुलना या मूल्यांकन त्रैलोक्य की सम्पूर्ण सम्पत्ति से की जा सकती है?...? कारूँ का सारा खजाना जीवन रूपी धन की चरण रज से भी अल्प क्यों माना जाय? सच्चा धन हमारा स्वास्थ्य है, व...
-
क्यों ठोकर मार देगी?...? क्योंकि पत्नी में और वेश्या में अन्तर है। पत्नी की भावना है, उसकी श्रद्धा है, उसकी निष्ठा है अपने पत...
-
क्यों, क्या हुआ?...?
मैं डॉ. बैरोज के नाम बोस्टन से प्रोफेसर जे. एच. राइट का एक पत्र लाया था। उसी पर पता लिखा था, पर वह ...
-
क्षत्रिय कौन होता है?...? अभी तो आप ब्राह्मण बना रही थीं, अभी क्षत्रिय बना रही हैं। अब जाने तीसरे नम्बर पर क्या बनाती फिरेंगी?...
-
गणेश कौन होता है?...? हमारा विवेक ही गणेश है। जब यह जाग्रत होगा तो इसकी दो औरतें होंगी। उनमें से एक का नाम ऋद्धि होगा और द...
-
गायत्री का नाभिक कहाँ है?...? नाभिक को—न्यूक्लियस को तलाश किया, तो मुझे यह मालूम हुआ कि 'धियो यो नः' जो शब्द है, इसका न्यूक्लियस ह...
-
गायत्री का नाभिक कहाँ है?...? नाभिक को, न्यूक्लियस को तलाश किया तो मुझे यह मालूम हुआ कि 'धियो यो नः' जो शब्द है, इसका न्यूक्लियस ह...
-
गायत्री माता क्या है?...? जरा देखकर के आइए। गायत्री माता के जितने भी फोटो हमने छापकर दिये हैं, जवान महिला के छापकर दिये हैं। न...
-
गुरुजी मैं क्या करूँ?...? मेरी तो औरत बीमार है। मेरा बच्चा तो बे-लाइन चलता है और मुझमें सामर्थ्य नहीं है। अब बताइए कि मैं कैसे...
-
गुरुजी से एक बार कहा गया—इतने छात्र पढ़ाते हैं, तो आपको धन की आवश्यकता तो पड़ती होगी न?...? आप खुलकर के क्यों नहीं कहते? आपके पास धन कहाँ से आता है? उनने कहा कि मेरे पास धन भगवान से आता है। आप...
-
घर से बाहर निकली और बस, इसकी चार आँखें ही जानें कि इसने क्या किया है?...? जैसे हम खुद हैं, वैसे ही हमने नारी को भी बना रखा है, जो कि त्याग की मूर्ति थी, समर्पण की मूर्ति थी; ...
-
घेंघा रोग क्या होता है?...? इसमें गला फूलकर मोटा हो जाता है। मालूम पड़ता है कि जाने कहाँ से माँस आ गया? यह कहाँ से आता है? हवा मे...
-
चाट-पकौड़ी, चाय वाला, काफी हाउस, रेस्तरां, चुसकी, शरबत, सोडा, आइसक्रीम, लाइट रिफ्रेशमेंट वालों से पूछिए कि वे आपकी कमाई का कितना हिस्सा ले लेते हैं?...? यदि अकेले गये तो -५० पैसे या -७५ पैसे का अन्यथा एक रुपया-सवा रुपया का बिल मित्रों के साथ जाने पर बन ...
-
चिड़ियाँ दाना चुगने उड़ जाती हैं, पर साथ ही उन्हें यह भी याद रहता है कि घोंसले के बच्चों को किस समय भोजन देना है?...? वे चोंच में मुलायम बीज या कीड़े लेकर ठीक उसी समय आहार की प्रतीक्षा करते हैं। समय से कुछ मिनट पहले तक...
-
छोकरी ने कहा—मैं भी आपके पास दो-पाँच दिन रहूँ?...? कागावा ने कहा—हाँ, तुम भी मेरे साथ दो-पाँच दिन रह सकती हो। वह दो-पाँच दिन रही, तो उसने कहा कि यह आनं...
-
जब हम लोग चले, फिर क्या हुआ?...? जब हम यहाँ आए, थोड़े दिन हमको अपने मन में जरूर ऐसा कुछ लगा, मुझे स्वयं लगा, उनको तो नहीं लगा और जिस ...
-
जानते हो ये कुमार सिद्धार्थ कौन थे?...? यही बाद में राजपाट छोड़कर गौतम बुद्ध के नाम से प्रसिद्ध हुए, जिन्होंने अहिंसा का पाठ सारे संसार को पढ़...
-
जिस तरीके से शंकर जी ने विष पिया था जनहित के लिए, इसी तरह हम भी अपने परिवारीजनों के लिए, जिसको हम अपना विशाल परिवार कहते हैं, इनके कष्टों को हलाहल की तरह से क्यों न पी जाएँ?...? जरूर अनुभव भी किया और पिया भी। शायद आप में से हजारों की तादाद में परिजन सोच बैठे होंगे कि किन-किन कठ...
-
जिस व्यक्ति को समय का मूल्य नहीं मालुम, वह अपने जीवन में क्या कर सकता है?...? उस व्यक्ति ने हँसते हुए कहा। स्वामीजी उसके व्यंग्य को समझ गये थे, फिर भी वह थोड़ी देर और प्रतीक्षा कर...
-
जिस व्यक्ति ने सेवा के अवसरों को खो दिया हो, वह भला क्या उत्तर देता?...?
२१. एकान्त नहीं मिला
आचार्य उपकौशल को अपनी पुत्री के लिये योग्य वर की खोज थी। उनके गुरुकुल में कई व...
-
जिसने कि अपने जीवन को निछावर कर दिया, उस बेटे को अपनी छाती से लगाया है और उस बेटे ने क्या किया है?...? उस बेटे ने भी कहा है कि माँ हमें तेरे चरणों की सौगन्ध है, हम तुम्हारे लिए बलिदान हो जाएँगे। जो आपका ...
-
जो दूसरों की समझ में ही न आये, वैसी तस्वीर बनाने का क्या तात्पर्य, उससे समाज को क्या लाभ?...?
शायद तुमने एक शायर की यह पंक्तियाँ नहीं सुनीं।
‘‘कौन सी?’’ राउल्ड ने पूछ लिया।
‘‘वही तस्वीर कलामय ह...
-
जो भी आपके नजदीक हैं, जिनको आप अपना मानते हैं, उनके ऊपर कोई मुसीबत आ जाए तब?...? एक्सीडेंट हो जाए, तब? मृत्यु हो जाए तब? मुकदमा लग जाए तब, बीमारी हो जाए तब? तब आपको दुःखी होना ही चा...
-
ज्ञान दान का यह ब्रह्मभोज सम्पन्न कैसे किया जाय?...? इसके लिए बहुत अधिक माथापच्ची करने की आवश्यकता नहीं है। शान्तिकुञ्ज, हरिद्वार एवं गायत्री तपोभूमि, मथ...
-
डेढ़ घण्टे ही क्यों पड़े रहें?...? बेटे! अब तो हमने यह कहना शुरू कर दिया है कि या तो आप राजी से काबू में आ जाओ, तो ठीक है। यदि राजी से ...
-
तप किसे कहते हैं?...? स्वयं मुसीबत मोल लेने को, हम क्यों मुसीबत उठाएँ? ताकि हमारी मुसीबत से जो चीज बच सकती है, उसको किसी अ...
-
तपश्चर्या से लाभ मिलता है?...? हाँ बेटे, मिलता है। वही तो मैंने अभी आपसे निवेदन किया। आपको भी मिलेगा और मिल चुका है। आप अनुभव क्यों...
-
तो इतना जानते हए भी तुम मेरी हत्या करने क्यों आये?...? क्या तुम्हें अपने प्राणों का मोह नहीं था, मालो। शिवाजी ने उससे पूछा।
बालक ने अपनी सारी कथा कह सुनाई।...
-
तो कार्यकर्ता कहाँ से आएँगे माताजी?...? बस, बेटे! यही मत पूछ कि कहाँ से आएँगे? इनको हम पैदा करेंगे? गुरुजी रानी मक्खी हैं, वे इतनी सन्तान पै...
-
तो क्या आप भी त्यागने के लिए कह रहे हैं?...? नहीं बेटे! त्यागने के लिए नहीं कह रहा। मैं तो ये कह रहा हूँ कि इन मरीजों को त्यागने की जरूरत नहीं है...
-
तो गुरुजी क्या इतने भर से बात पूरी हो जायेगी?...? नहीं बेटे, इतना ही पर्याप्त नहीं। आपको इसके साथ में अपनी श्रद्धा सँजो करके रखनी पड़ेगी। श्रद्धा को आ...
-
तो फिर आपको क्या करना पड़ेगा?...? आपको कभी करना हो, अध्यात्म को विज्ञान की तरीके से देखना हो, उसे अन्धविश्वास न कहना हो तो कृपा करके आप...
-
तो बेटा दिया होगा?...? नहीं, भाई साहब! बेटा भी नहीं दिया। तो क्या चीज दी है? एक ही चीज दी है कि उनके अन्तरंग में कोई ऐसी हूक...
-
दिन भर के चौबीस घंटों में किस समय से किस समय तक क्या-क्या काम होंगे?...? इस प्रकार की समय सारिणी बनाकर उस पर चलने से समय का सदुपयोग तो होता ही है, काम भी अधिक होता है तथा जी...
-
देवता कैसा होता है?...? देवता ऐसा होता है, जो आदमी के ईमान में घुसा रहता है। ईमान में घुसने के बाद में, आदमी के भीतर से एक ऐ...
-
द्रोणाचार्य ने उससे पूछा—अच्छा, यह बताइए कि चक्र में घूमने वाली मछली की क्या-क्या चीजें दिखाई देती हैं?...? उसने कहा—हमको मछली की टाँगें दिखाई पड़ती हैं, हाथ-पैर दिखाई पड़ते हैं, सिर दिखाई पड़ता है, तो आप भाग...
-
धनी ने उसे देखकर पूछा-‘तुम क्यों आयी हो?...? ’
लड़की ने कहा-‘मेरी रोटी में यह मुहर निकली है। आटे में गिर गयी होगी। देने आयी हूँ। आप अपनी मुहर ले ल...
-
धर्मपत्नी कौन होती है?...? धर्मपत्नी ऐसी होती है, जो हमारे साथ-साथ काम करती है। जिस तरीके से नाव चलाने के लिए मल्लाह अपने दोनों...
-
नारद जी ने कहा—अच्छा नाम तो बताओ कि भगवान के तीन दुश्मन कौन-कौन से हैं?...? उन्होंने कहा—एक थी द्रौपदी। उन्होंने कहा—द्रौपदी तो भगवान की भक्त थी। सन्त ने कहा—भगवान की भक्त थी! ज...
-
नारद जी ने पूछा—और कौन-कौन था?...? उन्होंने कहा—एक का नाम था अर्जुन। अर्जुन ने क्या बिगाड़ा था? अर्जुन ने यह बिगाड़ा था कि वह राज्य लेना ...
-
नारद जी ने पूछा—दुनिया में शाक-भाजी बहुत है, वो क्यों नहीं खाते, पत्ते क्यों खाते हो?...? उन्होंने कहा—मैं शाक-भाजी नहीं खाता। घोड़े घूमते हैं, बकरियाँ घूमती हैं और छोटे-छोटे जानवर घूमते हैं,...
-
पण्डित नेहरू ने प्रभावित होने के पश्चात क्या किया?...? नेहरू ने लाल बहादुर शास्त्री की मदद की। आप लाल बहादुर शास्त्री का और नेहरू का जिक्र क्यों कर रहे हैं...
-
पर करें कैसे?...? किसी ने कहा था कि धतूरे के बीज खा लेने से मृत्यु हो जाती है। बीज इकट्ठे किये गये, पर खाने की हिम्मत ...
-
परिवार के छोटे-बड़े सदस्यों के विकास के लिए जब समय और धन की कमी अनुभव हो रही है तो उन्हें उस आवश्यकता से वंचित रखकर नई जिम्मेदारी बढ़ाने में क्या बुद्धिमत्ता?...? अपनी और अपनी पत्नी के शारीरिक, मानसिक विकास की स्थिति यदि पूर्णता की स्थिति तक पहुँच गई हो तो फालतू ...
-
परिवारवाले आपका साथ देंगे?...? नहीं देंगे। आप नीतिपूर्वक धन कमा रहे हैं या अनीति से कमा रहे हैं। क्या कर रहे हैं, क्या नहीं? उन्हें...
-
पर्दे के पक्ष में क्या तर्क हो सकता है?...? उससे किसे क्या लाभ मिल सकता है? उसका प्रचलन किन कारणों को लेकर चल पड़ा? इन प्रश्नों का कोई विवेक सम्...
-
पाँव छूने से ही क्या कोई लाभ है?...? यदि लाभ हुआ होता, तो जिस तरीके से विवेकानन्द का हुआ था और कबीर का हुआ था, वैसा ही कुछ होता। कबीर की ...
-
पाठशाला कहाँ चले?...? इसके लिये उपयुक्त स्थान ही चुनना चाहिए। जहाँ उस क्षेत्र की महिलाएँ आसानी से पहुँच सकें—बैठने, पढ़ने ...
-
पानी क्या होना चाहिए?...? पानी का उदाहरण मैंने आपको जीभ से दिया था और यह कहा था कि जीभ वह कमान है, जिस पर राम के नाम का मंत्र ...
-
प्रज्ञा किससे जाग्रत होती है?...? जो अध्यात्म के काम आती है, जो कि गायत्री का स्वरूप है। वह कहाँ से आती है? वह बेटा वहाँ से आती है, जह...
-
प्रशिक्षक बालकों को नकली दाँत दिखाते हुए पूछता है- यह क्या है?...?
बालक-ये नकली दाँत हैं।
प्रशिक्षक-क्या आप मुझे अपने दाँत देंगे? उनके बदले में मैं तुम्हें पाँच हजार ...
-
प्रशिक्षक बालकों को पानी से आधा भरा हुआ काँच का प्याला दिखाकर पूछता है-‘‘यह क्या है?...? ’’ इस प्रश्न के अलग-अलग उत्तर बालक देते हैं। कोई कहता है-यह आधा भरा हुआ गिलास है तो कोई कहता है यह आ...
-
प्रशिक्षक बालकों से महाराणा प्रताप का चित्र दिखाते हुए पूछता है ‘‘यह कौन है?...? ’’
सभी बालक एक साथ उत्तर देते हैं, यह महाराणा प्रताप का चित्र है।
प्रशिक्षक- यह एक बहुत बड़े राजा थे।...
-
प्रशिक्षक- आपको पैसे कौन देता है?...? आपके कपड़ों के लिए, पुस्तकों के लिए, विद्यालय शुल्क के लिए कौन पैसे देता है?
(ऐसे प्रश्न वह अलग-अलग ब...
-
प्रशिक्षक- लक्ष्मी जी का चित्र दिखाकर पूछता है-‘‘यह कौन है?...? ’’
बालक-‘‘लक्ष्मी जी हैं।’’
प्रशिक्षक-‘‘यह क्या देती हैं?’’
बालक-‘‘धन-देती हैं।...
-
प्रशिक्षक- ‘‘आपने पैसे देकर खीरा खरीदा, घर लाकर उसे धोया और काटकर उसका कड़वापन निकाला, नमक लगाया और खाने पर आप को पता चला कि यह कड़वा है तो आप क्या करते हैं?...? ’’
बालक- ‘‘हम उसे फेंक देते हैं।’’
प्रशिक्षक- ‘‘यदि पैसे खर्च करके लाया हुआ खीरा भी कड़वा निकला तो आप...
-
प्रशिक्षक- ‘‘इसका उपयोग क्या है?...? ’’
बालक- ‘‘यह खाने के काम आता है।’’
प्रशिक्षक- ‘‘यह कहाँ पर मिलता है?’’
बालक- ‘‘बाजार में।’’
प्रशिक्...
-
प्रशिक्षक- ‘‘क्या आप आज की बनी सब्जी कल खा सकते हो?...? ’’
बालक-‘‘नहीं।’’
प्रशिक्षक-‘‘क्यों?’’
बालक-‘‘इसमें बद्बू आएगी।’’
प्रशिक्षक-‘‘यदि चार दिनों तक वह स...
-
प्रशिक्षक- ‘‘क्या आप चाहते हैं कि आपको कोई इसी प्रकार कूड़ापात्र में फेंक दे?...? आप से दुर्व्यवहार करे?’’
बालक- ‘‘नहीं।’’
प्रशिक्षक- ‘‘तो आप को क्या करना चाहिए?’’
बालक- ‘‘सभी से मीठ...
-
प्रशिक्षक- ‘‘क्या आपने कभी लक्ष्मी जी को धन देते हुए और सरस्वती को विद्या देते हुए देखा है?...? ’’
बालक- नहीं
प्रशिक्षक- आपको पैसे कौन देता है? आपके कपड़ों के लिए, पुस्तकों के लिए, विद्यालय शुल्क क...
-
प्रशिक्षक- ‘‘तो आप को क्या करना चाहिए?...? ’’
बालक- ‘‘सभी से मीठा बोलना चाहिए।’’
(ब) इस प्रात्यक्षिक में १०-११ बालकों के दो गुट बनाकर आधे बालको...
-
प्रशिक्षक- ‘‘यदि पैसे खर्च करके लाया हुआ खीरा भी कड़वा निकला तो आप उसे फेंक देते हैं, तो आपका मित्र जो आपकी कड़वी बातें मुफ्त में सुनता है, आपकी कड़वी बातें-गाली-गलौज-अपमान आदि सुनकर उसे क्या करना चाहिए?...?
बालक- ‘‘कूड़ापात्र में फेंक देना चाहिए।’’
प्रशिक्षक- ‘‘क्या आप चाहते हैं कि आपको कोई इसी प्रकार कूड़ा...
-
प्रशिक्षक- ‘‘यह कहाँ पर मिलता है?...? ’’
बालक- ‘‘बाजार में।’’
प्रशिक्षक- ‘‘वैसे ही मिलता है या पैसे देकर?’’
बालक- ‘‘पैसे देकर।’’
प्रशिक्षक...
-
प्रशिक्षक- ‘‘यह क्या देती है?...? ’’
बालक- ‘‘ज्ञान तथा विद्या देती है।’’
प्रशिक्षक- लक्ष्मी जी का चित्र दिखाकर पूछता है-‘‘यह कौन है?’’...
-
प्रशिक्षक- ‘‘वैसे ही मिलता है या पैसे देकर?...? ’’
बालक- ‘‘पैसे देकर।’’
प्रशिक्षक- ‘‘आपने पैसे देकर खीरा खरीदा, घर लाकर उसे धोया और काटकर उसका कड़वाप...
-
प्रशिक्षक- ‘‘सच्चा है या बनावटी?...? ’’
बालक- ‘‘बनावटी।’’
प्रशिक्षक- ‘‘अच्छा! एक टोकरी में मैं कुछ प्राकृतिक (सच्चे) फूल डाल दूँ और एक बन...
-
प्रशिक्षक-आपको विद्या कौन देता है?...? आपको भाषा का ज्ञान किसने दिया? आपको संसार की समस्त वस्तुओं का परिचय किसने करवाया?
बालक- हमारी माँ ने...
-
प्रशिक्षक-क्या आप मुझे अपने दाँत देंगे?...? उनके बदले में मैं तुम्हें पाँच हजार रूपये और साथ-साथ में सुन्दर नकली दाँत भी दूँगा। जो बालक इस बात क...
-
प्रशिक्षक-‘‘आपने अपना पेट भीतर से नहीं देखा होगा?...? मैं आपको दिखा रहा हूँ। (एक पानी से भरी तेल की शीशी दिखाते हुये।) देखो हमने आपके कपड़े उतार दिए-चमड़ी उ...
-
प्रशिक्षक-‘‘तो फिर देश के लिये आप क्या काम करेंगे?...? इस प्रश्न का उत्तर बालक यथामति देते हैं। उनके उत्तरों का तालियाँ बजाकर स्वागत-अभिनंदन करें।’’
४. साव...
-
प्रशिक्षक-‘‘बताओ महाराणा प्रताप और चेतक को आप क्यों जानते हैं?...? ’’
बालक-‘‘उन्होंने देश हित के लिए कार्य किया-- इसलिए!’’
प्रशिक्षक-‘‘हम अपने पूर्वजों को भूल गए इसका ...
-
प्रशिक्षक-‘‘यदि चार दिनों तक वह सब्जी पड़ी रहे तो क्या होगा?...? ’’
बालक-‘‘उस में कीड़े पड़ जाएँगे।’’
प्रशिक्षक-‘‘हमारे दाँत में छेद है। हमने सब्जी खाई और चार दिन दाँत...
-
प्रशिक्षक-‘‘यह क्या देती हैं?...? ’’
बालक-‘‘धन-देती हैं।’’
प्रशिक्षक- ‘‘क्या आपने कभी लक्ष्मी जी को धन देते हुए और सरस्वती को विद्या द...
-
प्राणियों की पीड़ा और प्राणियों का दुःख दूर करने में जो हमको आनन्द आता है, यहाँ हराम का माल उड़ाने में क्या आनन्द आएगा?...? यहाँ बैठे-बैठे ऐय्याशी किया कीजिए, इंद्र देवता के यहाँ नृत्य देखा कीजिए। शराब पिया कीजिए, कल्पवृक्ष ...
-
फिर क्या हुआ?...? लड़ाई-झगड़े होने लगे और इस कदर बढ़े कि सबसे छोटे वाले लड़के ने अपने दो बड़े भाइयों को पिस्तौल से गोल...
-
फिर दीपक जलाने से क्या मतलब है?...? हमको तो दीपक जलाने की जरूरत होती है। क्योंकि दिन में जब अँधेरा हो जाता है और बादल छा जाते हैं और प्र...
-
फिर प्रशिक्षक बालकों को आलू दिखाते हुए पूछता है ‘‘यह क्या है और क्या काम आता है?...? ’’
बालक- ‘‘यह आलू है.....इसकी सब्जी खाने के काम आती है।’’
प्रशिक्षक- ‘‘क्या आप आज की बनी सब्जी कल खा...
-
बच्चों में सुसंस्कारिता जागृत करने के लिए क्या किया जाय?...? प्रारम्भ कैसे हो? यह प्रश्न उठने पर अधिकांश लोग शिक्षा नीति और शिक्षणतंत्र को कोसकर अपनी बात समाप्त क...
-
बस, केवल एक ही चीज थी और वह था लाल बहादुर शास्त्री के ऊपर देवता का अनुग्रह क्या होता है देवता का अनुग्रह और कैसा होता है?...? देवता के अनुग्रह की जान-पहचान क्या है? देवता की परख क्या है? या देवता आप पर अनुग्रह करते हैं या नहीं...
-
बाद में मैंने पूछा—क्या मामला है?...? मोटरगाड़ी में इतना पैसा क्यों खरच करते हो? गरीब आदमी हो। उन्होंने कहा कि हम गरीब थोड़े ही हैं। यह गा...
-
बामन कौन होता है?...? बामन बेटे, यह होता है—पचास+एक=एक्यावन, पचास+दो=बावन, पचास तीन=तिरपन, पचास+चार=चौवन आदि। ये होते हैं—...
-
बारूद क्या है?...? बारूद बेटे, उस तपश्चर्या का नाम है जो हमारी वाणी के द्वारा, दिव्यशक्ति के द्वारा, मानसिक ब्रह्मचर्य ...
-
बालक को अपनी भूल मालूम हुई, पर अब वह क्या करे?...? देर जो हो चुकी थी।
माँ रातभर नहीं सो सकी और बालक भी सारी रात सपने में चिड़िया का भयंकर आर्त्तनाद सुनत...
-
बालक क्या करें?...?
- प्रातः सूर्योदय के पूर्व संकल्प पूर्वक जागें।
- यह न सोचें कि हमें कोई जगायेगा तब ही उठेगें। स्वय...
-
बाल्यकाल से उन्होंने अपने जीवन को किस तरह से मोड़ दिया?...? जो खाने और खेलने की उम्र होती है। बाल्यकाल से ही उनके मन में भगवान के प्रति अगाध आस्था, अगाध निष्ठा,...
-
बेटे, मूसा ने कहा—अब समझ गए होंगे कि स्वर्ग में सन्त क्यों नहीं आते?...? ऋषियों की भी यही कामना थी—"न त्वहम् कामये राज्यं न सौख्यं न पुनर्भवम्।" स्वर्ग की हमको अपेक्षा नहीं ...
-
बेटे, यह किसकी देन थी?...? यह कुंती की देन थी, जो उन्होंने समाज को श्रेष्ठ नागरिक दिए और जिन्होंने उनके अन्दर वह बीज बोया, जो आग...
-
बैठकर सोच रहा था क्या करे?...? संघर्ष, निरन्तर संघर्ष, परिस्थितियाँ कैसी भी क्यों न हों, उसने हार मानना सीखा न था। विपरीतताएँ-उसका ...
-
ब्राह्मण की बपौती है, जो ब्राह्मण ही करेगा, क्यों?...? माँ की उपासना कोई और क्यों नहीं करेगा? माँ के लिए, भगवान के लिए, तो बेटे और बेटी बराबर होते हैं। उसम...
-
ब्राह्मण कौन होता है?...? ब्राह्मण वह होता है, जो सारे संसार को देता है। ब्राह्मण वर्ग नहीं होता, जाति नहीं होती है। ब्राह्मण ...
-
ब्राह्मण वह होता है, जो सारे संसार को देता है और क्षत्रिय?...? क्षत्रिय क्या करता है? अनाचार-अत्याचार के विरुद्ध तनकर खड़ा हो जाता है। देखा जाएगा, जो भी हमारे विपर...
-
ब्राह्मणत्व क्या होता है?...? असली ब्राह्मण कौन होता है, क्या हो सकता है, उसके गुण क्या हैं? उसका आदर्श क्या है? उसकी भावनाएँ क्या...
-
ब्रेन हमारा कौन सा काम करता है?...? हिसाब करने में, व्यापार करने में जब यह मशीन काम करती है, तो हमारा मस्तिष्क ‘ब्रेन’ कहलाता है और जब य...
-
भक्त उसे कहते हैं—जिसका ध्यान केवल अपनी उपासना पर और अपने आत्मकल्याण पर लगा रहता है और यह लगा रहता है कि हमारा आत्मशोधन किस तरीके से होगा?...? किस तरीके से हम जिस निकृष्ट कोटि में हैं, उससे ऊँचे उठें? भगवान हमको वह शक्ति दीजिए, चल तो हम अपने आ...
-
भगवान कृष्ण ने कहा—तुझसे कौन कहता है कि तू अकेला है?...? अकेला नहीं है, मैं जो तेरे साथ हूँ। तेरे रथ को चलाने वाला मैं हूँ। तू धनुष उठा, बाण उठा, लड़ना तो तु...
-
भगवान को आपने कैसे देखा?...? भगवान को हमने घोड़े-हाथी पर सवार नहीं देखा। हमने भगवान को पायलट की तरीके से देखा और अपने बॉडीगार्ड क...
-
भगवान ने जिरह में कहा कि आप बताइए, मैंने कभी आपको भूखा रखा क्या?...? उसने कहा—नहीं, हमको कभी भूखा नहीं रखा गया। फिर उन्होंने इनसान से पूछा कि आपको कितना खाना मिलता है? उ...
-
भगवान से लेना नहीं?...? भगवान के सामने दानी होकर के जाना चाहिए। याचक होकर के नहीं, भिखारी होकर के नहीं। भगवान से भीख माँगेंग...
-
भीम तनिक नाराज होकर कहने लगे-‘‘शत्रु की सेवा करना क्या अधर्म नहीं है?...? ’’
‘‘बन्धु! शत्रु मनुष्य नहीं, पाप और अधर्म हुआ करता है।...
-
भोगी से भिन्न प्रकार का स्तर जो है, वह क्या है?...? उसका नाम योगी है। योगी भगवान के लिए समर्पित होता है और भोगी भगवान को अपने लिए समर्पित कराना चाहता है...
-
मनुष्य बनेंगे नहीं तो क्या करेंगे?...? मनुष्य प्यार का भूखा है। जहाँ उसको प्यार है, वहीं उसकी गोद में चला जाता है। आप प्यार पैदा करिए; ताकि...
-
महमूद गजनवी ने पूछा—ये भगवान हैं?...? हाँ साहब! भगवान हैं। तो हम इनका अपमान करेंगे, तो वे हमारा नुकसान कर देंगे? हाँ साहब! बिलकुल नुकसान क...
-
महान सन्तों की कोई कमी है?...? कमी नहीं है, पर मैं यह कहती हूँ कि कृपा करके क्षमा कर दिया जाए, मुझे कोई मेरी बात गलत निकल गई हो, अच...
-
माण्डव्य ऋषि विचार करने लगे कि ऐसा क्यों हुआ?...? यह उन्हें किस पाप की सजा मिल रही है? उन्होंने अपने जीवन का अवलोकन किया, कहीं कुछ नहीं मिला। फिर विगत...
-
माता -पिता क्या करें?...?
- बच्चे एकाकी नहीं रह सकते। वे विद्यालय में, खेल के मैदान में, घूमने-फिरने में जो प्रायः साथ होते ह...
-
माता पिता क्या करें?...?
-अलार्म घड़ी एवं तांबे के लोटे में जल की व्यवस्था बना दें।
-कमरे में उगते सूर्य का, गायत्री मंत्र का...
-
माता-पिता क्या करें?...?
- बालक से दैनिक व्यवहारों और उनकी दिनचर्या पर चर्चा करें।
- आवश्यकता अनुसार उन्हें सुधार के लिए पर...
-
मालूम नहीं है कि आपने गायत्री माता की उपासना इस दृष्टि से की है, और कैसे की है?...? यदि आपके मन में वह श्रद्धा, विश्वास और आस्था होगी, तो बिलकुल आप भी वही छत्रछाया पा सकते हैं, जो हमने...
-
मुझे बहुत बुरा लगता है, दया भी आती है और यह भी आता है कि वे शरीर से जुड़े थे, यह स्वाभाविक भी है कि इतनी तड़पन तेरे अन्दर है, तो इसे सही दिशा में क्यों नहीं लगा रहा है?...? जो गुरुजी का कार्य है, इसमें क्यों नहीं लग जाता है? इसमें तपता क्यों नहीं है, तू निखरता क्यों नहीं ह...
-
मैं अपनी बात कह सकता हूँ कि मैं किस-किस जन्म में आपका क्या रहा हूँ?...? आप पहले जन्म में कौन थे और क्या-क्या महान कार्य करने में समर्थ हो चुके थे? आप अपने को भूल गए हैं। आप...
-
मैं आपसे यही निवेदन करूँगी कि उनका आदेश क्या था, उनका उपदेश क्या था, उसे याद रखें?...? उनका एक निर्देश था, वह था कि उन्होंने मुझे बुला करके दो-तीन बार कहा भी था; लेकिन आँखें एक ही बार में...
-
मैं कहती थी कि मुझे नींद कम आती है, तो मखौल में कह देते थे कि शान्तिकुञ्ज का पहरा, तो तुम देती हो, मुझे क्या चिन्ता है?...? मैं तो हमेशा निश्चिंतता की नींद सोता हूँ।...
-
मैं पिसनहारी का उदाहरण देने के बाद दूसरी बात बताऊँगी कि उसने ऐसा क्यों किया?...? गाँववालों ने दिया, उसने पीसा आटा, जो पैसे बचे, उसमें से मथुरा में परिक्रमा करते समय एक कुआँ पड़ता है...
-
मैं पूछता हूँ कि शादियाँ करके क्या करेंगे आप?...? इससे ढेरों-की-ढेरों मुसीबतें आएँगी। देश में अनाज की कमी है। रोटी है नहीं, कपड़ा है नहीं। नहीं साहब! ...
-
मैंने कल सन्त तुलसीदास जी का उदाहरण दिया था और यह कहा था कि उनको बनाने वाली उनकी पत्नी थी और स्वामी श्रद्धानन्द को बनाने वाली कौन थी?...? उनकी पत्नी थी, जिनका कि यहाँ स्थापित किया हुआ गुरुकुल कांगड़ी है। उन्होंने अपने जीवन चरित्र में लिखा...
-
मैंने कहा—कहिए, अब हमें क्या निर्देश है?...? वह यह कि जिस तरीके से रामकृष्ण परमहंस नहीं रहे और उनकी पत्नी कई साल जीवित रहीं। उन्होंने अपने मिशन क...
-
मैंने कहा—मैं कैसे कह दूँ?...? मैं कोई मंत्री नहीं हूँ, गवर्नर नहीं हूँ, क्या कह सकता हूँ। रात को 8:30 बजे से लेकर 12:30 बजे तक वह ...
-
मैंने गुरुजी का उदाहरण देते हुए यह समझाया कि ब्राह्मणोचित जीवन कैसा होना चाहिए तो जानिए?...? उन्होंने तपस्या भी की, उपासना भी, उसका भी हो सकता है, दूसरों का भला करने में उनने उसका भी उपयोग किया...
-
यदि आपने बेईमानी करके लाखों रुपये की सम्पत्ति जमा कर ली तो क्या बड़ा काम कर लिया?...? दीन-दुखियों का रक्त चूसकर यदि अपना पेट बढ़ा लिया तो यह क्या बड़ी सफलता हुई? आपके अमीर बनने से यदि दू...
-
यदि हमारा आधा हिस्सा लकवा मारा हुआ रह गया, एक पहिया साबित रह गया, तो एक पहिये से गाड़ी चलेगी क्या?...? दोनों पहियों से चलेगी। दोनों समान होने चाहिए। यह जिम्मेदारी किसकी है?
यह जिम्मेदारी नर की है, नारी...
-
यह किसकी तरफ इशारा है?...? यह मैं आप पर छोड़ देता हूँ। यह आध्यात्मिकता का मंत्र और आध्यात्मिकता का जादू है। जिसके कारण मैं शक्त...
-
यह किसने दी थी?...? भाई साहब! आप जिसको कहें, उसी को बता दूँ। नहीं साहब! यह काली ने दी थी। बिलकुल सही है। अगर काली किसी क...
-
यह क्या हो रहा है?...? यह मैं योग की व्याख्या कर रहा हूँ। आप जिस उद्देश्य के लिए, जिस उद्देश्य को पूरा करने के लिए यहाँ आए ...
-
यह जीवात्मा है, तो कभी इस पर झुंझलाहट भी आती है कि क्या है, यह शरीर का बन्धन?...? जब सूक्ष्म में मिल जाते हैं, तो कुछ नहीं होता। न कोई शरीर की आवश्यकता है. न किसी चोले की। केवल एक ही...
-
यह मार्डन तस्वीर क्या बला होती है?...? राउल्ड ने उत्सुकतावश पूछा, क्योंकि इस नये शब्द को उसने पहली बार सुना था।
वही जो दूसरों की समझ में न ...
-
यह मैं क्या कह रहा हूँ?...? बेटे, यह मैं शरीर के अन्नमय कोश के देवता के अनुग्रह की बात कह रहा हूँ। अन्नमय कोश को आप समझते नहीं ह...
-
यह सरल है, इसमें क्या है?...? सृष्टि का प्रत्येक प्राणी, जितनी भी योनियाँ हैं, उनमें से एक भी प्राणी दुनिया में ऐसा नहीं है जो जाय...
-
यह हिम्मत है आपके पास कि तन कर खड़े हो जाएँ कि देखें क्या कर लेगा?...? भगवान से वो रूहानियत माँगिए, वह हिम्मत माँगिए। एक ही चीज हिम्मत माँगिए, हिम्मत और साहस। अभी मैंने कह...
-
यहाँ किससे मिलना है?...?
डॉ बैरोज से,
कौन डॉ बैरोज?
सन्यासी ने अपने चोगे की जेब में हाथ डाला पर हाथ खाली ही निकला।
क्यों, क्...
-
यहाँ पर छपे चित्र को ध्यान से देखकर आप यह बताइये कि चित्र में जो स्त्री है उसकी आयु कितनी हैं?...?
इस प्रश्न के अनेक उत्तर मिल सकते हैं। कोई उसकी आयु ६ वर्ष की बताएगा तो कोई १६ वर्ष की, कोई इसे ५० व...
-
ये सेना कहाँ की आ गई?...? किनकी है? शान्तिकुञ्ज वालों की, गुरुजी की है ये सेना। अन्य जगह तो दिखाई नहीं पड़ते, पर यहाँ हर समय द...
-
रामचंद्र जी ने कहा—गुमराह था तो क्या?...? लेकिन रावण अपने आप में जबरदस्त और महत्त्वपूर्ण व्यक्ति था। आत्मशक्ति तो थी उसमें, पर परमात्मा से योग...
-
रावण कैसा बलशाली था?...? क्या कहने का, चारों वेदों का ज्ञाता, तेजस्वी, बलशाली, सारे-के-सारे गुण थे; लेकिन एक ही दुर्गुण सबसे ...
-
रास्ते में सन्नाटा तोड़ते हुए राजा ने पूछा-‘‘हीरा तो एक छोटा-सा टुकड़ा है, उसके लिए इतनी सारी रेत समेटने की क्या जरूरत थी?...? ’’ राजकुमार ने कहा- ‘‘जब हीरा अलग से नहीं मिलता, तो यही उपाय रह जाता है कि उस जगह की सारी रेत समेटी ...
-
लड़का कहने लगा-‘बिल्ली को तो आप अपनी ही खाट पर सोने देते हैं, परन्तु मुझे क्यों नहीं सोने देते?...? ’
किसान ने कहा-‘तुम्हें खुजली हुई है। तुम्हारे साथ सोने से मुझे भी खुजली हो जायेगी। पहले तुम अपनी खु...
-
वह करुणा न मालूम कहाँ चली गई है?...? इनसान के अन्दर से करुणा बिलकुल समाप्त हो गई है। यह किनकी जिम्मेदारी है? इसको कौन पूरा करेगा? बेटे! आ...
-
वह चित्र हमारे कमरे में टँगा हुआ है, तो क्या करेंगे?...? उनके जन्मदिन पर एक कार्ड भेजेंगे और कहेंगे कि अपना ऑटोग्राफ भेज दें। ऑटोग्राफ से क्या करेंगे? क्या क...
-
वहाँ एक बच्चा अपनी माँ से बोला—"माँ, इन्हें हम क्या दे सकते हैं?...? हमारे पास तो कुछ भी नहीं है।" माँ ने कहा—"हाँ बेटा! हमारे यहाँ कुछ है तो नहीं।" वह बोला—"हम इस सन्त ...
-
वाल्मीकि ऋषि थे कि नहीं थे?...? वाल्मीकि ऋषि थे, जिनके यहाँ सीता को रखा गया था। तो उदाहरणों के माध्यम से यह बात भली-भाँति समझी जा सक...
-
वासना का स्थान कहाँ है?...? वासना का स्थान दिमाग में है। मर्दों से लेकर के औरतों तक के ऊपर वासना का भूत सवार होता है। भूत को क्य...
-
वासुकी मुस्काराये, एक क्षण चुप रहे फिर मौन भंग करते हुए बोले- ‘‘वत्स तुम चिता मे बैठोगे, तुम्हारा शरीर जलेगा, शरीर में भरे मल भी जलेंगे, उससे भी अमंगल ही तो उपजेगा, उस अमंगल में क्या तुम्हें शान्ति मिल पायेगी?...? ’
तात्।...
-
विगत अंक में आपने पढ़ा कि परमपूज्य गुरुदेव अपने इस विशिष्ट उद्बोधन में इस | विषय पर चर्चा कर रहे थे कि मानवीय जीवन का मूल उद्देश्य क्या है?...? मनुष्य जीवन के भीतर ही ये सम्भावनाएँ निहित हैं कि मानवीय सम्भावनाओं के शिखर अर्थात देवत्व को प्राप्त क...
-
विज्ञानमयकोश किसे कहते हैं?...? बस, बेटे! हृदय में, ध्यान कर। उसमें ऐसी-ऐसी हलचलें हो रही हैं। तो महाराज जी! इससे हो जाएगा? नहीं बेट...
-
वे कौन से हैं?...? वे हमारे बेटे हैं, वे हमारी बेटियाँ हैं, जो हमने पैदा किए हैं। अरे! आपके माँ-बाप ने पैदा किया होगा? ...
-
वे हिमालय रहेंगे या शान्तिकुञ्ज?...? इस स्थान परिवर्तन का कुछ भी महत्त्व नहीं। व्यक्ति कहीं भी रहे धरती भी वही रहेगी और काया भी वैसी ही, ...
-
व्यक्ति के अन्दर कुछ खाने की ललक रहती है, तो बनाने में क्या जाता है?...? थोड़े समय में ही वह कुछ बना सकता है। जितना समय खाने में लगता है, उतने समय में ही या थोड़े ज्यादा समय...
-
शंकर जी ने सोचा कहीं ऐसा न हो कि पार्वती जी के मन में अनास्था छा जाए, सो उन्होंने कहा—देखो, कोई ऐसा भी होगा, जो वास्तव में गंगा नहाने आया होगा?...? ठीक है, महाराज जी! वह भी दिखा दीजिए। बस, थोड़ी देर में एक आदमी आया। उसने दोनों को देखा और पूछा—देवी!...
-
शंकर जी बोले—क्या चाहिए?...? उसने कहा कि देखिए, अब हमारे मरने का वक्त आ गया। हमको अब एक ही चीज चाहिए। क्या चाहिए? खुदगर्जी, जिसमे...
-
शंकर जी बोले—भाई आपको क्या हो गया?...? आप भी वरदान माँग लीजिए। उनने कहा कि लाइए इसे सुअरिया बना दो। अब वह गों-गों करती हुई फिर रही थी और बच...
-
शंकर भगवान ने कहा कि अब शादी-ब्याह नहीं करेंगे?...? दुनिया में ब्याह के बराबर वाहियात धंधा कोई नहीं है। अब हम कुँवारे रहेंगे और शंकर भगवान ने सौ वर्ष की...
-
शक्ति संचार साधना का प्रारम्भ?...? १४ जुलाई सन् १९६१ गायत्री तपोभूमि मथुरा में मुझे अकेले दीक्षा दी। उसके बाद गोष्ठी हुई। १५, १६ व्यक्त...
-
शिवाजी ने कहा- यदि तुम भाग जाओ और वापस न आओ तो?...?
बालक ने गम्भीरतापूर्वक उत्तर दिया-मैं क्षत्रिय पुत्र हूँ, वचन से नहीं लौटूँगा। महाराज ने मालोजी को ...
-
संस्कार के समय सब आश्चर्य में पड़ गए कि यहाँ तो कोई बच्चा नहीं है, किसका संस्कार होगा?...? लोगों ने सोचा दासी आती होगी और अपने साथ किसी बच्चे को लाएगी। थोड़ी देर बाद राजा साहब ने कहा कि रानी ...
-
सफाई किस तरीके से की जाय?...? हमको उसके लिए मुनासिब स्थान और मुनासिब कदम उठाने की जरूरत है। अब हम बड़े कदम उठायेंगे। अब तक जैसे अन...
-
सरस्वती का चित्र दिखाकर प्रशिक्षक बालकों से पूछता है, ‘‘यह कौन है?...? ’’
बालक-‘‘यह देवी सरस्वती है!’’
प्रशिक्षक- ‘‘यह क्या देती है?’’
बालक- ‘‘ज्ञान तथा विद्या देती है।’’
...
-
सर्वांगीण विचार करने की प्रवृत्ति बालकों में पनपे, इस दृष्टि से उन्हें यह आकृति दिखाकर प्रशिक्षक पूछता है कि इसमें कितने वर्ग बने हुए हैं?...?
सबसे पहले उत्तर आता है कि इसमें १६ वर्ग हैं। यह उत्तर ठीक नहीं है, ध्यान से आकृति देखो’’ ऐसा कहने प...
-
सुभद्रा की मनोकामना कहाँ पूरी हुई?...? अभिमन्यु इकलौता लड़का था और जब वह मारा गया, तो कृष्ण से यह कहा—"भैया, तू तो मेरा भाई है और तुझे जरा ...
-
हजरत मूसा को खुदाबन्द करीम ने बुलाया और उन्हें अपनी बनाई हुई नई जन्नत दिखाई और कहा कि हमने स्वर्ग बनाया है, तो यह किसके लिए है?...? नमाज पढ़ने वालों के लिए, जकात देने वालों के लिए, काबा जाने वालों के लिए, रोजा रखने वालों के लिए—सबके...
-
हनुमान क्या थे?...? नौकर थे? नहीं। और क्या थे? बन्दर थे। अच्छा तो हनुमान बड़े शक्तिशाली थे। हाँ, इसमें कोई दो राय नहीं, ...
-
हम किसलिए आपका समय लगाएँ?...? किसी-न-किसी कार्य में आपको लगाना ही पड़ता है; क्योंकि आप सुनते नहीं हैं। कुछ इधर कान लगाए हैं, कुछ उ...
-
हम दावा करते हैं कि विश्व को बदलने के लिए हमने जो बीड़ा उठाया है, जी-जान से मिट क्यों न जाएँ?...? मिट जाएँगे, तो देखा जाएगा; लेकिन उसे पूरा करने का भरसक प्रयास करेंगे।...
-
हम पूरे गुजरात में कहाँ जाएँगे बताना?...? पूरे गुजरात में हम कहीं भी नहीं जाते; क्योंकि हमने जो संकल्प लिया है, कहीं जाते ही नहीं हैं, तो कहीं...
-
हम बुद्धिजीवी हैं?...? हम कठोर हैं, हम पाषाण हैं। पाषाण, जिसके ऊपर कोई असर नहीं पड़ता। आपके ऊपर असर पड़ना चाहिए। आप घर-घर ज...
-
हम भगवान को सदा स्मरण करें, तो क्या कोई रोकेगा?...? अच्छे कार्य के लिए आगे बढ़ें तो क्या कोई रोकेगा अथवा रोक सकता है? बिलकुल नहीं रोक सकता, यह तो कहने क...
-
हम सोच लेंगे कि यह था ही नहीं, या होते ही मर गया?...? सब्र करते हैं कि नहीं करते? हम तो कर लेंगे, पर तू नहीं कर पाएगा। तू उस पिता का विश्वास और उस पिता का...
-
हमने अपना तप भी डाला, अपना पुण्य भी डाला है और रही आपके दुःखों की, कष्टों की, कठिनाइयों की बात जिसको लेकर आप आए थे, उसका क्या होगा?...? माताजी, हम तो अपनी अनेक कठिनाइयाँ लेकर के आए थे, मुसीबतें कहने आए थे, आपने भी नहीं सुनीं। गुरुजी तो ...
-
हमारा बहुमूल्य 'वर्तमान' क्रमशः भूत बनता चला जा रहा है और हम यह देख-समझ नहीं पाते कि प्रमाद द्वारा कितनी मूल्यवान संपदा का अपहरण किया जा सकता है?...? भूत के बारे में कहा जाता है कि वह बहुत डरावना होता है। कहते हैं कि मरने के बाद अशान्त व्यक्ति भूत बनत...
-
हमारे यहाँ यूपी में हाथरस के पास एक अकेली महिला लक्ष्मी देवी ने उदाहरण प्रस्तुत कर दिया था और कल-परसों ही हमारे हिन्दुस्तान की प्रधानमंत्री कौन थी?...? नारी थी न। और लक्ष्मीबाई कौन थी? नारी थी न। स्वतंत्रता के लिए कितना काम किया? अरे नारी न जाने क्या क...
-
‘‘यदि दुरुपयोग किया है तो इसका उपयोग कैसे हो सकता था?...? ’’
बालक फिर से प्रयास शुरु करते हैं- कोई आलपिन अपनी कमीज को लगा देता है- कोई गुब्बारे के ऊपरी भाग मे...
-
‘‘लेकिन वेष बदलकर जाना?...? ’’ अर्जुन के स्वर के पीछे चिन्ता की झलक थी। प्रश्न उनकी सुरक्षा का है। भीम कुछ उद्विग्न थे। ‘‘इससे स...
-
इसके लिए क्या करना होगा?...इस सम्बन्ध में प्रत्यक्ष कर्तृत्व उतना नहीं है जितना कि दृष्टिकोण में परिवर्तन करने का प्रबल अभ्यास अप...
-
कई व्यक्ति सोचते हैं— हम संस्था से निर्वाह लेकर काम क्यों करें?...‘‘अपना खाने’’ के नाम पर निर्वाह लेने वालों से श्रेष्ठ क्यों न बनें? कुछ लोग इस कारण काम ही नहीं करते। ...
-
कथन का सारांश इतना ही है आप नित्य अपनी अन्तरात्मा से पूछें कि जो हम कर सकते थे, उसमें कहीं राई-रत्ती त्रुटि तो नहीं रही?...आलस्य प्रमाद को कहीं चुपके से आपके क्रिया-कलापों में घुस पड़ने का अवसर तो नहीं मिल गया? अनुशासन में व्...
-
काम क्या करना पड़ेगा?...यह निर्देश और परामर्श आप लोगों को समय-समय पर मिलता रहेगा। वह तो समय की बात है। काम बदलते भी रहेंगे और ...
-
कार्य कैसे पूरा होगा?...इतने साधन कहाँ से आएँगे? इसकी चिन्ता आप न करें। जिसने करने के लिए कहा है, वही उसके साधन भी जुटायेगा। आ...
-
चिन्ता और परेशानी की भट्टी में जलते हुए मानव के लिए शान्ति कहाँ?...मैं कहूँगी कि शान्ति है। शान्ति मस्ती में, खुशमिजाजी में, परिहासपूर्ण स्वभाव में, आनन्दी और उत्साही मु...
-
'वाह तुम तो ढीला पाजामा पहन कर पूरे जोकर लग रहे हो, किसका माँग कर पहने हो?...ेचारा सदैव सबके उतरे कपड़े ही पहनने को पाता है, बेचारे को कोई पूछता ही नहीं।
ऐ मुन्नी, देख तेरी चु...
-
अगर माँ बच्चे को गाली देकर 'ए छोरी इधर आ, अबे नालायक किधर मर गया?...्या बहरा हो गया है?' इस तरह अपशब्द कहकर बुलाती हैं और पिताजी भी हमेशा घुड़क कर बोलते हैं, तो बच्चे भी ...
-
इन प्रयासों और परिवर्तनों के बावजूद भी महिलाओं की वर्तमान स्थिति क्या है?...ह स्पष्ट करना कठिन है। एक कारण तो यह है कि हमारे देश में क्षेत्रीय, धार्मिक एवं शहरी तथा ग्रामीण विभिन...
-
कौन स्मरण करता है, भक्त का?...गवान करता है। भक्त करता है कब? जब वह भगवान का स्वरूप हो जाता है।
लाली मेरे लाल की, जित देखूँ तित ल...
-
गुरुजी ने कई बार उदाहरण दिया है कि भगवान ने कहा—माँग, क्या माँगता है?...पने लिए माँग, बच्चों के लिए माँग, अपनी पत्नी के लिए माँग, पर उनने हमेशा ठुकराया। ठुकराना तो हमें नहीं ...
-
जिस दिन से उन्होंने पग बढ़ाए आध्यात्मिकता के क्षेत्र में वह कितनी बड़ी क्रान्ति थी?...ज तो दुनियाँ नहीं समझ सकेगी। गाँधी जी जब तक सामने रहे तब तक लोगों ने उनकी कीमत नहीं समझी, लेकिन जब चले...
-
पुत्र जन्मा तो बहार आ गई, हँसी-खुशी, राग-रंग, बधाइयाँ, भोज, दावतें और न जाने क्या-क्या?...ुत्री जन्मी तो पतझड़, दुःख, निराशा और भाग्यहीनता के उच्छवास। हमारी भारतीय संस्कृति में नारी की दयनीय द...
-
फिर किस दुर्भाग्य की घड़ी में नारी का पतन होने लगा कि आज नारी समाज अपंग, विकलांग बन कर रह गया है?...सके बहुत से राजनैतिक, सामाजिक और आर्थिक कारण हैं। जिनकी वजह से स्त्रियों का अवमूल्यन होने लगा और अठाहर...
-
बस, बच्चे को उत्तेजित करने के लिए इतना ही क्या कम है?...ब दिन भर उसका दिमाग सातवें आसमान पर चढ़ा रहता है। आत्म प्रशंसा सुनकर वह फूल उठा है। इससे वह कुछ अस्वाभ...
-
बाल्यकाल से उन्होंने अपने जीवन को किस तरह से मोड़ दिया?...ो खाने और खेलने की उम्र होती है। बाल्यकाल से ही उनके मन में भगवान के प्रति अगाध आस्था, अगाध निष्ठा, अप...
-
भगवान स्वयं तिलक लगाने के लिए आए थे, किनके पास?...ुलसीदास के पास। हनुमान जब भगवान राम से जुड़ गए तो शक्तिशाली होते हुए चले गए, जिनको कि हम वानर के रूप म...
-
हमें हजार बार विचार करना होगा कि नारी के प्रति बरती जाने वाली अपनी नीति कहाँ तक उचित और कहाँ तक अनुचित है?...ससे हम क्या पाते और क्या खोते हैं? यदि ऐसी विवेचना की जा सके तो प्रतीत होगा कि जो पाया है इससे खोया अध...
-
हमने अपने बच्चों को क्या दिया?... 6E's – Empathy > Energy > Ecology >
Environment > Epidemics > Economy crises
5. ...
-
जितने भी हमारे सन्त हुए हैं और ऋषि हुए हैं, उन्हें किसने पैदा किया?... माँ ने बनाए और दूसरा जो संस्कार मिला, वह गुरु ने उनको ढाला। माँ ने पैदा किए, संस्कार दिया और गुरु ने ...
-
समय की कोई कीमत नहीं है क्या?... आप समझ क्यों नहीं रहे हैं। इसी समय के सदुपयोग से लोग कहाँ-से-कहाँ पहुँच गए। उनकी योग्यता का क्या कहना...
-
अगर उन्हें कुटुम्ब के बाहर रखा जाय, तब?...ेली रहें तब? केवल दफ्तर में जायँ और होटल में खाने लगें, तब? शादी न करें तब? ठीक है अपनी जीविका कमा सकत...
-
अब आप बताइए कि यह आपके हाथ की बात है क्या?...ीं, यह आपके हाथ की बात नहीं है। उसी में आप दुःख मनाएँ, उसी में आप परेशान होते फिरे। उसी के लिए अपना दि...
-
इन गुणों में पहला कौन सा है?...ितुः—सविता। सविता भगवान् का नाम है। सविता के अन्तर्गत दो बातें आती हैं—रोशनी और गर्मी। इन विशेषताओं वा...
-
एक दिन क्या हुआ?... महात्मा ने दूसरे को गिरा दिया और गिराने के बाद में दाढ़ी पकड़कर बुरी तरह से खींचा और जहाँ से बाल थे, उस...
-
कर्तव्य क्या है?...ारे सैकड़ों कर्तव्य हैं, जिनकी जंजीरों से आप बँधे हुए हैं। आप स्वेच्छानुसार इनको अपने आप जकड़ लीजिए। जिस...
-
क्या करना चाहिए?...ना यह चाहिए कि कल के परिणामों पर हम ज्यादा विचार करें और आज की गतिविधियों का निर्धारण हम इस तरीके से क...
-
क्या शुरू करें?... यह मानकर चलिए कि जिन्दगी एक बहुत लम्बी कड़ी है। एक बहुत लम्बी वाली शृंखला है जिसमें आपको लाखों जन्मों त...
-
गर्मी से क्या मतलब है?...्मी से मतलब है—बेटे पराक्रम और पुरुषार्थ। आपका पराक्रम चला गया, पुरुषार्थ चला गया और आपके पास केवल ज्ञ...
-
जो लोग ऐसा ख्याल करते हों कि हमको यह मुनासिब नहीं है, फिर हम माँ का ध्यान कैसे करेंगे?... तो बड़े हो गये हैं तो मैं उनको दूसरा ध्यान बता देता हूँ। प्रातःकाल के सूरज का आप ध्यान किया कीजिए। आप ...
-
तो क्या मनुष्य मरेगा या मनुष्य का ईमान मरेगा?...टे, मनुष्य का ईमान मर जाये या ईमान बदल जाये, तो आदमी का कायाकल्प हो सकता है। बाल्मीकि मरेगा? बाल्मीकि ...
-
नये युग में और क्या होगा?...ता जो आयेगी तो कैसे आयेगी? जाति के साथ ही लिंग की समता आयेगी। लिंग से क्या मतलब है? नर और नारी से है। ...
-
फिर क्या परिणाम हुआ?...ँच हजार के करीब लड़कियों के फोटोग्राफ आ गये। उनके वर्णन हमारे पास आ गये कि लड़की पाँच फुट तीन इंच की है।...
-
फिर क्या हुआ?...ई साहब! जब बर्मा सरकार बनी, तो उसने सबसे पहला कदम यह उठाया कि उस तमाम फाल्स करेन्सी को खत्म किया। उन्ह...
-
ब्रह्मानन्द किस-किस तरीके से हो सकता है?...का एक गन्दा वाला बड़ा फूहड़ और निकम्मा उदाहरण है—नर का मिलन। नर-नारी अपने शरीरों का समर्पण कर देते हैं। उ...
-
मनुष्य क्या है?...वान् का और देवताओं का सम्मिश्रण है। देवता कहाँ रहते हैं? स्वर्ग में। इस मशीन में जिससे हम बोल रहे हैं,...
-
व्यक्तित्व को कैसे विकसित किया जाय?...्गुणों से, सत्प्रवृत्तियों से कैसे सम्पन्न किया जाय? सबसे बड़ा यही एक प्रश्न है, जिसका अगर कोई आदमी समाध...
-
समधी किसे कहते हैं?...धी उसे कहते हैं, जो दूसरे वाले पक्ष की आँतें निकाल लेता है। आँतें कौन निकाल लेता है? समधी। किसकी निकाल...
-
स्वावलम्बी बनाना, सुसंस्कारी बनाना बहुत कुछ इस बात पर निर्भर करता है कि घर का वातावरण कैसा है?... स्कूलों में नहीं सिखाया जा सकता। इसको कोई आदमी उपदेशों के द्वारा किसी के गले नहीं उतार सकता। इसके लिए...
-
हरामखोर कौन हैं?... मेहनत नहीं करना चाहते हैं, मशक्कत नहीं करना चाहते हैं और सफेदपोश बन करके पंखे के नीचे बैठकर गुजारा कर...
-
‘भर्गो’ यह ‘भर्ग’ क्या है?...्ग कहते हैं—भून डालने को। क्या भून डालना? देखो, भड़भूजा भाड़ में जिस तरह से चने डालता है और वे भड़-भड़ करत...
- अध्यात्म का क्या अर्थ होता है?...इंस ऑफ सोल (Science of Soul) होता है। जिसका अर्थ है—अन्तरंग जीवन का परिष्कार। अगर आपने अपने अन्तरंग ...
- आप क्या चाहते हैं, बोलिए?...्छा एक काम आप कर दीजिए, एक काम हम कर देंगे। आपके लिए हम भक्ति लाकर दे देंगे, भक्ति हमारे पास सुरक्...
- इसके लिए इतने कीमती जूते और मखमल के जूते क्यों?... पाँच वक्त की नमाज अदा करते हैं और हम रोज आते हैं और नंगे पाँव आते हैं। बस, वे गालियाँ देने लगे कि...
- इससे क्या हर्ज होता है?...से बड़ा हर्ज होता है। इससे यह हर्ज होता है कि मनुष्य इतना वक्त, इतना समय, इतना श्रम, इतनी अकल, इतन...
- उन्होंने कहा—सन्तान के अलावा और लोग खा लें तो?...ीं साहब! जो कुछ भी आदमी कमाये, उसकी सन्तान खाये और कोई नहीं खाये। राजा साहब ने कहा—भाई! यह क्या बात...
- उन्होंने क्या काम किया?...्होंने अपना बदन और जिस्म छोटा कर लिया—‘‘मसक समान रूप कपि धरहि।’’ हनुमान जी ने मच्छर के समान रूप धर...
- एकाग्रता न हो, तो कुछ बनता-बिगड़ता है क्या?...छ बनता-बिगड़ता नहीं लेकिन जहाँ योगाभ्यास के लिए बात बतायी गई है, वहाँ चित्त का एकाग्र होना अच्छा तो...
- किसकी आ गयी?...र्थ गुरु रामदास की। मित्रो! समर्थ गुरु रामदास की तबियत आ गयी और उन्होंने उसके सिर पर हाथ रख दिया ...
- चौरासी लाख योनियों में से जो सुविधाएँ किसी को नहीं मिलीं, हमको क्यों मिलीं?...चार तो कीजिए कि भगवान ने यह क्यों दीं? क्या मौज-मजा उड़ाने के लिए दीं? बेटी-बेटा पैदा करने के लिए ...
- तू सुनता है कि नहीं सुनता?...अत और वजन—साधना इसी का नाम है। शास्त्री का वक़अत और वजन बढ़ता चला गया। नेहरू ने उनको मुस्तहक—अधिका...
- देवता कहाँ से निकलते हैं?...र से निकलते हैं, बरसते हैं। आपकी बात सही है, लेकिन हमारी भी बात मानिए कि देवता भीतर से उछलते हैं। ...
- ध्यान एकाग्र न हो तब?...्कस का खेल दिखाना नामुमकिन है। झूले पर से एक आदमी उछलता हुआ आता है और दूसरे वाले झूले को पकड़ता है।...
- पहरा देगा, क्या करेगा रात में?...ीं साहब! योगी को दिन में सोना चाहिए और रात को जागना चाहिए। यह भी कोई बात है? मुझे बहुत बेतुका और ब...
- पहले मुझे विश्वास नहीं हुआ कि गुरुदेव जो मुझे सिखाते हैं, क्या वह सही बात सिखाते हैं या बहका रहे हैं?...ले-पहले मुझे ऐसे ही लगा कि हमें बहकाया जा रहा है। जब उन्होंने यह बात बतायी कि ताँबे का पंचपात्र ले...
- प्राण किसे कहते हैं?...राण उसे कहते हैं, जो अपना कलेवर साथ-साथ लिए घूमता-फिरता है। प्राण जो है, उसके भीतर इच्छाएँ रहती है...
- बुद्ध भगवान ने पूछा—अगर ऐसे-ऐसे लड़के तुझे सही में मिलें, तो तू कितनी बार गर्भ धारण कर सकती है?...की ने कहा—भगवन्! ऐसे लड़के मुझे मिल जायें तो मैं कम-से-कम पाँच बच्चे और पैदा कर सकती हूँ। इतना कष्ट...
- मरने के बाद में स्वर्ग जाना पड़ता हो, या मरने के बाद कहाँ जाना पड़ता हो?...झे मालूम नहीं, लेकिन एक दुनिया अलग है, जो मेरे भीतर की दुनिया है। उसको मैं अन्तर्मुखी दुनिया कह...
- मैंने कहा—वह क्या है?...्होंने जो बात बतायी, उससे मेरा जी प्रसन्न हो गया और मुझे सन्तोष हुआ कि मुनासिब कीमत पर मुनासिब चीज ...
- यह लड़का कैसा खूबसूरत है, यह लड़की कैसी खूबसूरत है?...-दो साल बाद शादी हो गयी। खेल-तमाशे किये। खेल-तमाशे के बाद देखा कि आँखों के नीचे गड्ढे में कालि...
- राजा डॉक्टर पर झल्लाये और बोले—शायद तुमने लापरवाही की होगी?...र गाँववालों को बुलाया। उन्होंने कहा—भले आदमी! तुम लोग बड़े निकम्मे मालूम पड़ते हो। हमने अस्पताल ...
- राजा साहब बन गये तो क्या?...्मचारी बन गए तो क्या? यहाँ तो ड्रामा है। हम सब यहाँ नौकर हैं, तुमको भी सवा सौ मिलते हैं और हमें भी...
- रात को सोते समय आपको इस बात का ध्यान करना चाहिए कि हमको मरना है और मरना है तो क्या करना है?...वान के सामने पेश होना है। किसके लिए? हिसाब देने के लिए कि जिन्दगी जैसी कीमती चीज आप लेकर गए थे और उ...
- वह क्या है?... दाम में, कम खर्च में, कम फायदे में वे बड़े लम्बे-चौड़े ख्वाब दिखाते हैं कि तुमको इतना फायदा हो जाएग...
- विचार तो कीजिए कि भगवान ने यह क्यों दीं?...या मौज-मजा उड़ाने के लिए दीं? बेटी-बेटा पैदा करने के लिए और दुनिया भर की बेईमानी करने के लिए हमको ...
- साथ ही यह भी पता नहीं है कि शाम तक बैठने के लिए मौका मिलेगा कि नहीं?...यामंडी—मथुरा में हमारे यहाँ एक किराने की दुकानवाला दुकानदार था। उसी गली में एक खोमचेवाला आया। ...
- स्वर्ग उस चीज का नाम है और नरक?...क उस चीज का नाम है, जिसमें कि मनुष्य दिन और रात दुनियावी ख्वाहिशों की आग में जला करता है और उस जलन...
- हमारा शरीर जिस चीज का बना हुआ है, हमारा मन जिस चीज का बना हुआ है, वह क्या है?...ारा शरीर मिट्टी का बना हुआ है, आग का बना हुआ है, पानी का बना हुआ है या हवा का बना हुआ है। इसलिए दु...
- साधकों में से कई व्यक्ति हमसे ये पूछते रहते हैं—क्या करें?...्या करें? मैं उनमें से हरेक से ये कहता हूँ, ये मत पूछो, बल्कि ये पूछो कि क्या बनें? क्या बनें? अगर आप ...
- 23 घण्टे हम अपने विभिन्न काम में लगाएँ, पर एक घण्टे का पसीना-एक घण्टे की मेहनत क्या हम समाज के लिए खर्च नहीं कर सकते?...हाँ, हम एक घण्टा रोज अपने समाज, देश, धर्म, जाति और संस्कृति के लिए खर्च कर सकते हैं। एक घण्टा कोई बड़ी...
- अकेले आप समाज को सुधारेंगे?...नहीं, आप अकेले कुछ भी नहीं कर सकते। आप लोगों को साथ बुलाइए, साथ लेकर चलिए। नहीं साहब, हम बड़े ज्ञानी ...
- अगर आँखें न रहतीं, तो हम यह विभिन्न तरह के रंग कैसे देखते तथा आनन्द अनुभव कैसे करते?...आँख का सूर्य अगर ठीक हो, तो यह आपको रामायण, भागवत् पढ़ा सकता है। बगीचों का आनन्द आपको मिल सकता है। अग...
- अगर आदमी के अन्दर गहरी समझदारी हो तब?...तब एक नन्हा-सा आदमी, जरा सा आदमी, दो कौड़ी का आदमी जिधर चलेगा, अपनी समझदारी के साथ, वह गजब ढाता हुआ च...
- अगर आपकी आँखें हैं, तो देखें, अगर नहीं हैं, तो मैं क्या कर सकता हूँ?...मैं कुछ नहीं कहना चाहता हूँ। आप अध्यात्मवादी हैं, तो आपको कुछ करना चाहिए। आपको सिद्धि मिली है, मुक...
- अगर आपके काम के साथ ईमानदारी जुड़ी हुई होगी, तो आपकी बखत?...इज्जत न केवल संसार में, वरन् भगवान के यहाँ बढ़ती हुई चली जायेगी और आप उसी कर्म के आधार पर ऊँची-से स...
- अगर इनको बेटा पैदा करने की शक्ति होती, तो इनके एक- एक पत्थर ने एक- एक बेटा पैदा नहीं कर लिया होता?...नहीं महाराज जी! यह पत्थर तो बहुत अच्छे हैं, तुरन्त फल देते हैं। बेटे, ऐसी बेकार की बातें मत कर, इससे ...
- अगर कोई मारे तो?...मारे तो मारता रहे, हम नहीं मारेंगे। अच्छा, तो अहिंसा को तू निभा लेगा, यह अच्छी बात है। इसमें कोई आफत...
- अगर पीछे खड़े होकर उसी आदमी का फोटोग्राफ लें, तब?...तब हमको केवल पीठ दिखाई पड़ेगी और पीछे वाले बाल दिखाई पड़ेंगे। न उसमें आँखें होंगी, न उसमें दाँत होंगे,...
- अगर मजबूत नहीं बनायेंगे तब?...तब फिर, आपके पुराने कुसंस्कार फिर आ जायेंगे। मन को समझायें, बस जरा सी देर को समझ जायेगा, फिर उसी रास...
- अगर समझते न होते, तो यहाँ क्यों आते?...पहले आप यहाँ क्यों नहीं आये? यह इस बात का सबूत है कि आप जाग्रत आत्मा हैं। आदमी बिना काम के तो पेशाब ...
- अगर हमारे सामने भगवान आकर खड़े हो जायँ, हनुमान अगर हमारे सामने आकर खड़े जो जायँ, तो क्या हम कड़वे वचन बोलेंगे?...अगर रामचंद्र जी हमारे सामने आकर खड़े हो जायँ, तो हम कड़वे वचन बोलेंगे? उनको गालियाँ देंगे? उनके सामने ...
- अच्छा करना चाहते हैं?...तो वहाँ चले जाइये जहाँ आपके खेत में जंगली सुअर आ जाते हैं। आप वहाँ खड़े हो जाना और अखण्ड कीर्तन करना ...
- अच्छा तो आप हमसे क्या चाहते हैं?...गुरुजी! हम आपसे यही चाहते हैं कि मेहनत करके, परिश्रम करके और मन लगा करके जो डिवीजन लाया जाता है, वह ...
- अच्छा देखते हैं कि आपका मन लगता है कि नहीं?...मैं नोट फेंकता हूँ, जरा इसे गिनकर बताना। अगर आपकी गिनती सही होगी, तो जितने रुपये एक घण्टे में आप गिन ...
- अच्छा बेटे, तू क्या चाहता था?...महाराज जी! मैं तो यही चाहता था कि घण्टे- डेढ़ घण्टे जब तक मैं पूजा की कोठरी में बैठा रहूँ, तब तक मैं ब्...
- अच्छा, तो आप यही तप कर रहे थे?...तप करने का आपका यही मतलब था न कि भगवान पर दबाव डालेंगे। भगवान को मजबूर करेंगे। बेटे, भगवान के आगे ब्...
- अच्छे काम से क्या मतलब है?...जीवन उद्देश्य क्या होता है? भगवान के इशारे क्या होते हैं? हमें पता नहीं, हम तो भगवान को अपने इशारे प...
- अध्यात्मवादी लोग यहाँ कहाँ हैं?...संख्या की दृष्टि से हम भीड़ में यह अंदाज भी नहीं लगा सकते। आप भी मत लगाना।...
- अपने कर्तव्यों, फर्जों और उत्तरदायित्वों को पूरा करने के अलावा आपको प्रसन्न करने के लिए, आपको खुश करने के लिए, आपकी खुशामद करने के लिए और औलाद की मर्जी के मुताबिक़ चलने के लिए मैं कुछ कर सकता हूँ?...मैं कतई नहीं करूँगा। आप सब नाराज हो जायँ, तो भी नहीं। लोग अभी तक नाराज बैठे हुए हैं। कौन? जिनको सपने...
- अपने पास से कुछ देगा?...अपने में से तो कुछ नहीं दूँगा। कंजूस कहीं का, पहले अपने पास से निकाल, तब चंदा माँगना।मित्रो! क्या कर...
- अपने श्रम का उपयोग कैसे करेंगे?...समय का उपयोग कैसे करेंगे? आप इस तरीके से बटवारा बनाकर ले जाएँ और यहाँ से जाकर के ईमानदार आदमी की तरी...
- अब घर वाले बहुत परेशान थे कि उनका पता कैसे लगाया जाय?...संयोग से उन दिनों पूज्यवर राजनांदगाँव व दुर्ग (छ.ग.) गये हुए थे। साकुरे जी ने घर वालों से कहा- ‘‘आप ...
- अब तु कैसे गुरुदीक्षा ले सकता है?...मित्रो! मरा हुआ शरीर बेकार है और मरा हुआ प्राण बेकार है। इसी तरह भाव-सम्वेदना के बिना कर्मकाण्ड क्रिय...
- अब तो पचहत्तर साल होने को आये हैं; तो क्या इतने लम्बे समय में वह बुराइयाँ कहीं छिपकर बैठ गयी होंगी?...नहीं, हमने उन्हें कहीं छिपकर बैठने नहीं दिया है, साफ कर दिया है।...
- अब हम मोतियों को तलाश करने के लिए, हीरों को तलाश करने के लिए गाँव-गाँव जायेंगे और घर-घर जायेंगे और यह पता लगायेंगे कि अध्यात्म की जो मूलभूत प्रेरणाएँ थीं, उनको समझने के लायक, सुनने के लायक किसी के पास दिल-दिमाग है क्या?...हम उन दिल-दिमाग वाले आदमियों को तलाश करेंगे।इसलिए मित्रो! हमको तीर्थयात्रा का कार्यक्रम बना करके चलन...
- अभाव कहाँ है?...कैसी अच्छी हवा चला करती है। अभाव किस चीज का है? ढेरों पानी भरा पड़ा है। कपड़े के लिए जमीन ढेरों की ढेर...
- अभी भी लोग हमसे बार-बार पूछते हैं कि आप राजसत्ता से दूर क्यों हैं?...बेटे, राजसत्ता से राजतंत्र से उसके घपलों से हमारा कोई ताल्लुक नहीं है। हम उन लोगों में से हैं, जो ...
- अभी हमारे अन्दर का महामानव, ऋषि, भगवान्, सन्त कहाँ जागा है?...वैसा जीवन कहाँ आया है? हम चाहते हैं कि हम इनसान का जीवन जिएँ, ऋषि एवं सन्तों का जीवन जिएँ, मानवता क...
- अरे तूने इतने सारे बच्चे पैदा कर लिए?...इसे नासमझी के अतिरिक्त और क्या कहा जाय?भगवान् ने कहा कि मैंने इसे बहुत प्यार से पैदा किया, पाला, बड़ा क...
- अरे भाई, ये कहाँ का न्याय है?...स्त्री और पुरुष कन्धे-से कंधा मिलाकर काम करें, गाड़ी के दो पहियों के तरीके से काम करें, तो ही जीवन में...
- असल में आप इन सब बातों से दो फुट ऊँचे उठ कर रहना और यह सोचना कि हम यहाँ किसलिए आये हैं?...यही कि हम यहाँ से शक्ति के पुंज ले करके जायेंगे और शक्ति की धाराओं को लेकर जायेंगे। शक्ति की धारायें...
- असली अध्यात्म क्या है?...बेटे, असली अध्यात्म है- अपने आपका संशोधन। हमारे ऊपर जो कषाय- कल्मष चढ़े हुए हैं, अंगारे के ऊपर जो राख...
- आग में हाथ देने वाला बिना जले कैसे रहे?...विषपान करने वाले का प्राण कैसे बचे? घड़े भर मदिरा पी जाने पर सन्तुलन कैसे निभे? मनःस्थिति में विकृतिय...
- आत्मवत् सर्वभूतेषु का सिद्धान्त कहाँ पला?...वसुधैव कुटुम्बकम् की मान्यता कहाँ निभी?
यदि कलह और विद्वेष की आग में जलते मरते अपना अस्तित्व मिट...
- आदमी का वजन दुनिया में किसने बढ़ाया?...सिद्धान्तों के पालन ने। सिद्धान्तों का पालन करने की वजह से मालवीय जी की हस्ती और व्यक्तित्व इतना बढ़त...
- आदमी की जरूरत क्या है और कितनी है?...कुछ भी नहीं। व्यर्थ में अपने अहंकार को बढ़ाने के लिए, अपनी औलाद को और अपने घरवालों को तबाह और बरबाद क...
- आप अपने को यदि निचोड़ेंगे तो फिर देख लेना आप क्या बन जाते हैं?...हमने अपने आपको निचोड़ा तो देखिये क्या बन गये?अगर आपने अपने आपको निचोड़ दिया तो हमारा एक काम जरूर करना ...
- आप और क्या कहना चाहते थे?...बेटे, मैं यह कहना चाहता था कि गायत्री के जो अक्षर हैं, उनके इतने छोटे से अर्थों को समझ लें, तो आपका ...
- आप किसके मालिक हैं?...आप किसी के मालिक नहीं हैं। आप सिर्फ माली हैं। माली हो करके जायेंगे, तो मैं समझूँगा कि जैसे हम अपने ग...
- आप क्या करते हैं रिटायर्ड होकर?...हमारा बेटा कमाकर लाता है और हम बेकार बैठे रहते हैं। बताइए हम क्या करें? बेकार बैठे रहना भगवान् की दी...
- आप क्या सोचते हैं और क्या करना चाहते हैं, क्या आप इसी को प्यार कह रहे थे?...प्यार ऐसा होता है? प्यार इसी चीज का नाम है? इसी कमीनेपन को आप प्यार कह रहे थे? कमीनेपन को ही प्यार...
- आप गुरुजी के बालों की नकल बनाकर जायेंगे?...गुरुजी के बाल खड़े रहते हैं, तो हम भी बाल खड़ा करेंगे। गुरुजी कुर्ता इस तरह का पहनते हैं, तो हम भी वैस...
- आप जब लोगों को सिखाने जाएँगे, तो लोग यह पूछेंगे कि आप तो हमें प्यार, त्याग, श्रम, सेवा की बात बतला रहे हैं, पर क्या आपने इसमें से कुछ ग्रहण किया है?...अपने आप में धारण किया है? इसका जवाब दे देंगे, तो आपकी बात लाखों-करोड़ों आदमी मानेंगे। हमने जो लोगों...
- आप तो बढ़ई हैं?...नहीं बेटा, तुझसे समझने में गलती हुई है। तो कौन हैं आप? आपकी बिरादरी क्या है? हम तो धोबी और सफाईकर्मी...
- आप मुसीबत उठायेंगे क्यों?...आप अपने आपसे जद्दोजहद करेंगे क्यों? आप अपने जीवन में इन सिद्धान्तों का समावेश करेंगे क्यों? आपको तो ...
- आप में हिम्मत है?...बेटे, हमारे अन्दर बहुत हिम्मत है। हमारे अन्दर इतनी हिम्मत है कि हम जमाने की बहती हुई हवाओं को चुनौती द...
- आप समझते नहीं हैं कि बीमारियाँ क्यों आती है?...तो आप ही बता दीजिए कि हम बीमार क्यों पड़ते हैं? वात, पित्त और कफ़ की वजह से। इन्हें विकारग्रस्त होने ...
- आपके बच्चे पैदा करती है और गाली देती है, तो हर्ज की क्या बात है?...आप अपना दिमाग क्यों खराब कर रहे थे। खाम खाँ दिमाग खराब करता रहता है। अरे, एक बार गाली देती होगी। ह...
- आपके शरीर पर आपका अधिकार तो होना चाहिए, फिर आप क्यों नहीं मानते?...अपनी जिन्दगी को आप शराफत से व्यतीत कीजिए। बेटे, हमारी जिन्दगी में, मनुष्य की जिन्दगी में एक और भी चीज...
- आपको इसमें क्या दिक्कत पड़ती है?...इसमें तो कोई दिक्कत नहीं पड़नी चाहिए।ये ही तीन बन्धन हैं, जिन्होंने आपकी तीन चीजों को खत्म कर दिया है। प...
- आपको जो धन मिला हुआ है, आपको जो अकल और बुद्धि मिली हुई है, क्या आपने उसका सही इस्तेमाल कर लिया?...यदि नहीं तो कौन-सा गुण है, जिसको लेकर आप वरदान माँगने के लिए चले थे कि ज्यादा बुद्धि दी जाये। ज्यादा...
- आपको बोलना नहीं आता है तो हम क्या करें?...आप पोस्टमैन का काम करिये। हम बोलना सिखा देंगे। लड़कियों को सिखा दिया था। महाराज जी हमें भी बोलना सिखा...
- आपने इतिहास पढ़ा है या नहीं?...आप इतिहास पढ़िए। नहीं साहब! हमने तो सब पढ़ा है। किसका पढ़ा है? वायसराय का पढ़ा है और मुसलमानों का इतिहास...
- आपने छाछ पिया था, मैं भी छाछ पीकर रह जाऊँ?...नहीं बेटे, छाछ पीने से भी तेरा काम नहीं चलेगा। तू दाल-रोटी खाता है, तो वही खा और जैसे भले आदमी जिन्द...
- आपने तो एक ही तीर मारा था?...हाँ, हमने एक ही तीर मारा था। तो ये हजारों तीर किस तरीके से लगे? रामचंद्र जी ने बताया कि ये जो हजारों...
- इतने मालदार आदमी ने ऐसी प्रार्थना क्यों की?...क्योंकि जिस सुख को आप तलाश करते हैं, उसके बारे में आप यह विचार बदल दें कि वस्तुओं के माध्यम से हमको ...
- इन सब ख्वाबों को लात मार उठ खड़ा हुआ-शंकराचार्य कौन खड़ा हो गया?...चारों धाम की स्थापना करने वाला शंकराचार्य, बौद्ध नास्तिकवाद की जड़ें उखाड़कर हिन्दुस्तान से बाहर करने...
- इनको हम बैकुंठ का रास्ता कैसे दिखा देंगे?...इनको हम स्वर्ग की कहानी कैसे कह देंगे? भगवान् से मिलने की बात हम कैसे कह देंगे?मित्रो! हम सड़े हुए मन...
- इसकी क्या वहज थी?...लोगों ने पूछा—क्यों साहब! क्या बात थी? ढाई सौ ग्राम रुई में से इतना बड़ा लिहाफ कैसे तैयार हो गया? बेट...
- इसकी नाक कैसी है और इसकी आँख कैसी हैं?...कोई बड़ा मोटा वाला स्वामी दिखाई पड़ता है। किसी की सफेद रंग की दाढ़ी दिखाई पड़ती है। उसके लम्बे-लम्बे बाल...
- इसकी नीयत क्या है?...इसका ढंग क्या है? वह आपका इम्तहान लेगा। हमारी इज्जत तुम्हारे हाथ मित्रो! क्या करना चाहिए? खानपान के सम...
- इसकी सारी ग्रीस को तबाह करने और निचोड़ने के लिए क्यों आमादा हो गया है?...आत्म हत्या करने के लिए क्यों उतारू हो गया है? अपने ऊपर जरा रोकथाम कर। रोकथाम नहीं करेगा? नहीं महार...
- इसके क्या-क्या नाम हैं?...सत्संगों के लिए कितने भवन बने हुए हैं? जहाँ प्रवचनों की कोई कमी नहीं है। एक के बाद एक कथा होती चली ज...
- इसलिए आपको क्या करना है?...लोगों को व्यावहारिक जीवन में प्रयोग करके दिखाना आपका काम है। शिक्षण नहीं, बेटे नमूना पेश करना है। नह...
- इससे क्या फायदा हुआ?...इसका फायदा यह हुआ कि उन्होंने सारे-के-सारे वातावरण को गरम कर दिया। ऐसा वातावरण गरम हुआ, जैसे गर्मी म...
- इससे क्या हो जाएगा?...कुछ भी नहीं होगा। सब चौपट हो जाएगा। विचार परिवर्तन अनिवार्य मित्रो! सामाजिक समस्याओं की गुत्थियों के ह...
- इससे बड़ा सौभाग्य और क्या हो सकता है?...इससे बड़ा सौभाग्य किसी का नहीं हो सकता है। कीमत तो चुकाइए मित्रो! जटायु ने सौभाग्य पाया? हाँ पाया। भगवा...
- इससे हमें क्या लेना-देना?...हमें तो आप अभी की बात बताइये कि इस समय आपकी मनःस्थिति क्या मनुष्य सेवा के लिए तत्पर है? सेवा की वृत्...
- इसी तरह पहले सूरदास की यही स्थिति थी, बेशक, परन्तु जब वे भगवान के चरणों में आये, भक्ति की ओर कदम बढ़ाया, तो फिर इसके बाद भी क्या उन्होंने वेश्यावृत्ति की?...नहीं महाराज जी! फिर वे असली सन्त हो गये, गोस्वामी तुलसीदास जी बड़े कामुक थे। भगवान ने उनका उद्धार कर द...
- ईश्वर के विश्वास की पहचान क्या है?...कल मैंने आपको बताया था ईश्वर के विश्वास की पहचान के बारे में कि भगवान सब जगह समाया हुआ है। उसकी आँखो...
- ईसाई कहते हैं कि गॉड की शक्ल क्यों बना देते हैं?...नहीं बनाना चाहिए।...
- उनकी नाक कैसी है?...उनके बाल कैसे हैं? हर आदमी की आँख हमारे ऊपर लगी हुई है। तो बेटे, आप जनता के सामने इंटरव्यू देने जा र...
- उनके सामने बेचारी दवा-दारु की क्या बिसात?...किस बलबूते पर वे विषाणुओं को मारें, वात, पित्त, कफ़ से निपटें और ग्रह नक्षत्रों के विरुद्ध किस प्रका...
- उनमें न चेतना है, न समझ, फिर अकारण इतने सारे मनुष्यों पर राशि फेर के कारण सदा कुपित रहे, हानि पहुँचाये, यह कैसे हो सकता है?...यह जंजाल उन्हीं के गले पड़ता है, जो इस अन्धविश्वास से ग्रसित हैं। जो इस झंझट से दूर हैं, जो फलित ज्योत...
- उपयोग करने का ढंग आता है क्या?...हमको शरीर मिला। क्या हम शरीर का उपयोग कर सके? जो स्वास्थ्य आपको मिला, क्या उसका इस्तेमाल ठीक प्रकार ...
- उल्टियाँ हो जाएँ तो क्या?...पर खाने से बाज न आने वाले थे वे। जबान के दो विषय मित्रो हमारी जबान के दो विषय हैं, जबान हमारी बड़ी फूहड़...
- उस प्रतिज्ञा पत्र में क्या भरा था?...यही भरा था कि हम आपके यहाँ सात घण्टे काम करेंगे। अब यह बताइये कि आप सात घण्टे काम करते हैं कि नहीं करत...
- उसका रंग क्या है?...रंग न सही, बिना रंग के भी काम चला सकते हैं। रंग से क्या मतलब हैं? भगवान का नाम नहीं भी सही, चलिए मैं...
- उसकी गलती नहीं है?...आप उसको समझाना कि हम बाबाजी कैसे हैं और हमारे बाबाजी का सम्प्रदाय कौन-सा है? और हमारा गुरु कैसा है? ...
- उसने सबको एक लाइन में खड़ा कर दिया और पहले वाले व्यक्ति के गाल पर एक चपत लगाया और कहा कि देखो बता देना कि लगा कि नहीं?...हाँ साहब! लग गया। अच्छा तो तुम जिन्दा हो। हाँ साहब! हम जिन्दा हैं। अब दूसरे व्यक्ति के गाल पर चपत लगाय...
- उसमें कोई चमत्कार है?...बेटे, उसमें कोई चमत्कार नहीं। वह पहले भी पत्थर था और अभी भी पत्थर है। पत्थर में चमत्कार हो सकते हैं?...
- एटीकेट क्या होता है?...एटीकेट उसे कहते हैं, जब कोई आदमी आए और घर में पानी पीने को माँगे, तो उसको कहना चाहिए, ‘‘थैंक यू वैरी...
- ऐसा आप नहीं कर पाएँगे क्या?...मित्रो! लोभ, मोह को आप छोड़ दीजिए। आप अहंकार की, बड़प्पन की, अमीरी की और दूसरों की आँखों में चकाचौंध प...
- ऐसा कैसे हो सकता है?...बेटे, ऐसा ही है। आपने जो सलूक बना रखा है कि हनुमान को हमारी मर्जी पर चलना चाहिए और हमारा कहना मानना ...
- ऐसा समाज किसके लिए?...कितना? किस प्रकार सुविधाजनक होगा उसकी बहुत कुछ झाँकी इन दिनों की परिस्थितियों में भी जहाँ-तहाँ की जा...
- ऐसा स्वर्ग देखने की मुझे जरूरत है क्या?...जहाँ खाने के लिए बढ़िया-बढ़िया चीजें मिलती हों, सवारियाँ मिलती हों, मोटरें मिलती हों, तो मुझे स्वर्ग ज...
- ऐसी दशा में दरबे के कबूतरों की तरह रहने से क्या लाभ?...संयुक्त परिवार में रहने वालों को अलग घोंसले में मौज मजा दीखता है और अलग रहने वाले हाथ मलकर पश्चाताप ...
- ऐसे ही हम अनुमान लगा सकते हैं कि समुद्र कैसा होगा?...जैसा कि तालाब है, हम वैसा ही कुछ अंदाज लगा सकते हैं। कुछ ऐसी शक्तियाँ भी सृष्टि में हैं, जो छोटे ताल...
- और जाने क्या-क्या चाहते हैं?...बेटे! कीमत चुकाकर के दुनिया में हर चीज पाई गयी है। और आप बिना कीमत के इतनी लम्बी-चौड़ी चीजें चाहते है...
- और जैसे ही खुला और हमने आपको देखा, तब क्या होगा?...बेटे जब तू हमारी तरफ देखेगा, तो हमारा सफाया हो जायेगा। अगर अपनी औरत की ओर देखा तो वह खतम हो जायेगी। ...
- और डंडा लेकर क्यों घूम रहे हैं?...डंडा लेकर इसलिए हम घूम रहे हैं कि चिड़िया आयेंगी और इस बाग को खत्म कर देंगी। जंगली जानवर आयेंगे, सुअ...
- और दिखाई पड़ें, तो आपको कुछ फायदा है क्या?...बताइये, क्या आपको अपना दिल दिखाई पड़ता है? नहीं दिखाई पड़ता। आपने अपने गुर्दे देखे हैं? किसी और के भले...
- और बेटा बड़ा हो जायेगा, तब जाने क्या हो सकता है?...यह दिमाग इसी तरह से खराब होता रहता है। सही विचारों का जादू मित्रो! हमारी निन्यानवे प्रतिशत समस...
- कंगाली को दूर करने के लिए वहाँ कंगाली को दूर करने के लिए कौन सा मंत्र काम कर सकता है?...कौन सा जादू काम कर सकता है? जो विधि, जो मंत्र और योगाभ्यास आपके लिए काम कर सकता है, उस योगाभ्यास का ...
- कब हो सकते हैं?...जबकि हम बहिरंग क्रियाकलापों तक अपनी आध्यात्मिकता और अपनी धार्मिकता को और अपनी आस्तिकता को सीमित रखने...
- कम कीमत का क्या मतलब है?...कम कीमत माने भजन। भजन किसे कहते हैं? बेहद कम कीमत की चीज को, जिसमें न आपको पसीना बहाना पड़ता है, न हथ...
- कर्मयोग किसे कहते हैं?...कर्मयोग उसे कहते हैं, जिससे सम्पत्ति पैदा होती है, दौलत पैदा होती है और धन पैदा होता है।एक बार देवता ...
- कषाय, कल्मष या कलुष किसे कहते हैं?...हमारी शारीरिक जरूरतें और मानसिक जरूरते हैं और दोनों के बीच की दूरी—‘‘अहम्’’-‘मैं’ है। नवरात्रि के दि...
- कहाँ चले गये?...हिन्दुस्तान के कोने-कोने में चले गये, जहाँ पर अज्ञान का अन्धकार था। मित्रो! सूरज कहाँ चला गया? वहाँ च...
- कहाँ तक पेशाब करेगा?...लेकिन हमारी यह बात सही है कि आदमी का संकल्प इतना तीखा, इतना पैना होता है कि दुनिया को बदल सकता है।मि...
- कहाँ-कहाँ भरी पड़ी हैं?...लोगों ने कागज छाप-छाप करके और लेटर पैड छाप-छाप करके और साइन बोर्ड बना करके जगह-जगह लगा रखे हैं। हर आ...
- कहेंगे तो नहीं किसी से?...कह देंगे, तो नहीं बताऊँगा। कहना मत। नहीं तो सबको मालूम पड़ जायेगा। वे सब वहीं पहुँच जायेंगे और भगवान्...
- कितना काम करना पड़ता है?...सात घण्टे काम करना पड़ता है। कभी कैंटीन में जा बैठते हैं, तो कभी कहीं टाइम पास करते हैं। बड़ा बन्धन है। ...
- कितना धन दिया है?...अब सारी बातें तो आपको नहीं बताते, पर आप देख लें कि हम अपने जिन मकानों में रहते रहे हैं, उन मकानों की...
- कितनी नर्सें चाहिए?...कितनी दवाइयाँ चाहिए और कितना खर्च चाहिए? आपको मालूम है क्या? कितने कमरे चाहिए, कितने इंस्ट्रूमेंट चा...
- कितनी बड़ी छलाँग लगा सका?...यही आपकी अग्नि परीक्षा है। इसी में आपका गौरव और समर्पण की सार्थकता है। अपने साथियों की श्रद्धा व क्ष...
- कितने कमरे चाहिए, कितने इंस्ट्रूमेंट चाहिए?...सौ बेड का अस्पताल किसे कहते है? बेटे, यह सौ बेड का अस्पताल है। सौ बेड का चल जाये, तो बहुत हैं। इससे ...
- किस तरह से आयेगी?...शिवाजी की तरह से आयेगी। यही देवी तुझे तलवार दे सकती है और अर्जुन की तरीके से गाण्डीव दे सकती है। अर्...
- किसका बटवारा करूँ?...इस चीज का बटवारा कर दे कि तेरी दुकान में दो आदमियों का हिस्सा है। अभी तो एक आदमी- एक पार्टनर निन्यान...
- किसके पास पैसा था?...पैसा डाकुओं के पास है, चोरों के पास है, नेताओं के पास है, जो विलासिता के लिए पागल हो रहे हैं। जो हवस...
- किसी के हाथ अपने कारखाने की अर्थव्यवस्था क्यों कर सुपुर्द करेगा?...बादल सर्वत्र बरसते हैं पर उस पानी को जमा करना छोटे या बड़े बर्तन के हिसाब से ही सम्भव होता है। छोटे गड...
- किसी को कुछ दिया भी है कभी?...प्रेम दिया है किसी को? सहायता दी है? श्रद्धा दी है? समाज को कुछ दिया है? दे करके देखिये और यह पाइये ...
- कुछ तो करना पड़ा होगा?...हाँ भाई साहब! सिद्धान्तों से प्यार करना पड़ा था उन्हें। नहीं साहब! वे राजनीति के नेता थे। राजनीति के ...
- कैसे और कब?...जैसे जटायु ने सीता जी को रावण के चंगुल से छुड़ाकर उदाहरण प्रस्तुत किया था। उसने देखा कि कोई बदमाश एक ...
- कोई आदमी बलवान हो जाये, ताकतवर हो जाये, तो उसे शान्ति मिल जायेगी?...सुविधा मिल जाये, तो चैन मिल जायेगा? नहीं, न शान्ति मिल सकती और न चैन मिल सकता है। रावण बहुत ताकतवर...
- कोई आपका रिश्तेदार है भगवान?...साला है? भगवान आपका कोई नहीं है। भगवान तो आपके लिए वह साधन है जिससे आप अपना उल्लू सीधा करा लें। आपके...
- कोई है आप में से?...नहीं साहब! हम तो सुखी नहीं हैं। नहीं बेटे, कोई सुखी नहीं है। सारे के सारे कुढ़न से भरे हुए हैं। कुढ़न ...
- कौआ बेचारा कितना निरीह होता है, उसको कष्ट नहीं देना चाहिए, उसके भी तो बाल बच्चे होंगे, उसको भी तो भगवान् ने रचा है, हम अपने छोटे से लोभ के लिये कौए को क्यों मार डालें?...बस यह विचार जब जड़ जमाता हुआ चला गया तो धीरे-धीरे फिर ऐसा हो गया कि फिर वह सब प्राणियों पर दया करने ल...
- कौन सुखी है और कौन दुखी है?...जहाँ तक हम समझते हैं कि यह मनुष्य के ख्याल है, जो उसे सुखी व दुखी बनाते हैं।एक था मल्लाह और एक था उस...
- कौन है जो मुझसे ज्यादा प्रोत्साहन करेगा?...लेकिन आप आँखें नीचे रखिए। आँख से आँख मिलाकर लड़कियों की तरफ मत देखिए। जहाँ तक हो सके, शरीर से काफी दू...
- कौन-कौन सी दो हैं?...एक आवश्यकता वह है जिसमें हम अपना आत्मकल्याण करते हैं और दूसरी वाली हमारी आवश्यकता वह है, जिसमें हम ल...
- क्या आप इस लोभ और मोह से, अपने वासना और तृष्णा के बन्धनों को काटते हुए अंगद के तरीके से चलने के लिए तैयार हैं?...मित्रो! मैं आपको अंगद के तरीके से सन्देशवाहक बनाकर के भेजता हूँ। मेरे गुरु ने मुझे सन्देशवाहक बनाकर भे...
- क्या एक आदमी नियम बनाने के लिए आश्वासन दे सकता है?...नहीं, एक आदमी के बस की बात नहीं है। एक आदमी फिजाँ बदल सकता है? एक आदमी नया जमाना ला सकता है? एक आदमी...
- क्या ऑपरेशन करेंगे?...आपके पेट को फाड़ेंगे और देखेंगे कि इसमें जो गोला है उसे कैसे बाहर निकालें। डॉक्टर साहब! यह आप क्या कर...
- क्या करना चाहिए?...आपको ऊँचा उठाने के लिए क्या हम मददगार बन सकते हैं? हाँ, बन सकते हैं। पर हमको हर क्षण अपने आपसे यह पू...
- क्या करना पड़ेगा?...आपको इन बातों के बारे में कड़ा और स्पष्ट रुख ले करके चलना पड़ेगा। एकांगी धर्म से, एकांगी उपदेश से और ए...
- क्या करना पड़ेगा?...यह काम करना पड़ेगा कि आप स्वयं इस लायक हो जायें कि दूसरों को प्रकाश देने की स्थिति में आ जायें। दीपक ...
- क्या करें साहब?...यहाँ कोई आता ही नहीं है? कोई नहीं आता? गाँव वाले बड़े जाहिल हैं। दवा लेने भी नहीं आते। गाँव वालों को ...
- क्या जरूरत है आँसू आने की?...नहीं साहब! भगवान की भक्ति आती है, तो आँसू जरूर आता है। आँसू का भक्ति से कोई सम्बन्ध नहीं है। अगर यही...
- क्या तन्ख्वाह मिलती है?...ढाई सौ रुपये महीने मिलती है। अच्छा! लड़की को जब एम.बी.बी.एस. में भर्ती करायेगा, तो जो फीस लगेगी, वह क...
- क्या बीमारी है?...हमको आज की बात दिखाई पड़ती है। लेकिन कल की बात? कल का तो पता नहीं नहीं। बुढ़ापे में क्या होगा? क्या हम...
- क्या मोती तलाश करने वाली प्रक्रिया को हम समाप्त करेंगे?...नहीं, समाप्त नहीं करेंगे। अब हम मोतियों को तलाश करने के लिए, हीरों को तलाश करने के लिए गाँव-गाँव जाय...
- क्या वे आपको दे देंगे?...नहीं साहब! वह तो हमें नहीं चाहिए। फिर आप क्या चाहते हैं? हम चाहते हैं-सुख और शान्ति। अरे बेटे! रामचन्...
- क्या सन्त कबीर तपस्वी नहीं थे?...हाँ, औरों की अपेक्षा ज्यादा तपस्वी थे। क्या रैदास तपस्वी नहीं थे? हाँ, तपस्वी थे। वे जिन्दगी भर चमड़े ...
- क्या- क्या करना पड़ेगा?...इसके लिए उन्होंने दो बातें मुझे बताईं, वह मैं आपको भी बताता हूँ। कोई मंत्र जपना आपको न आता हो तो न स...
- क्यों नहीं कर सकते?...शुक्र डूब गया है। कहाँ डूब गया है? भाई साहब! हमें बताइये, हम निकाल लायेंगे। पुलिस में रिपोर्ट करेंगे...
- क्यों नीचा दिखाये?...और क्यों अपनी मान्यता के गुण गायें? अगले दिनों साम्यवाद मात्र आर्थिक ही नहीं, भाषा, धर्म, संस्कृति द...
- क्यों मना करते हैं?...यह आदमी का मूल्य, आदमी की प्रामाणिकता, आदमी की इज्जत को बताता है कि आदमी की कीमत से धर्मशाला के बिस्...
- क्यों माँगता है?...क्योंकि वह दरिद्र है, कंगाल है। कंगाल को पैसा चाहिए, दरिद्र को पैसा चाहिए। बेटे, हम बड़े भूखे हैं, बड़...
- खाना न खाना, पानी न पीना, धूप में खड़े रहना, जमीन पर सोना, यही तो तप होता है न?...किसे कहते हैं तप? बेटे! इसके पीछे एक रहस्य छिपा हुआ है, एक उद्देश्य छिपा हुआ है। इसका उद्देश्य है—मु...
- खिला हुआ फूल बीबी के हाथ में रख दिया जाय, तो बीबी मना करेगी क्या?...नाक से लगाकर सूँघेगी छाती से लगा लेगी और कहेगी कि मेरे प्रियतम ने गुलाब का फूल लाकर के दिया है।...
- गवर्नमेंट ने इस तरह के वेतन-भोगी रख लिए हैं और आप देखिए क्या हाल हो रहा है?...हर डिपार्टमेंट को बढ़ा-बढ़ाकर इतना लंबा चौड़ा कर लिया है कि अगर इतना पैसा इन डिपार्टमेंट में नहीं लगाया...
- गायत्री मंत्र का जप करने के बाद में आपको भगवान के साक्षात्कार हो जायेंगे?...मैं नहीं जानता कि हो जायेंगे कि नहीं हो जायेंगे। नहीं गुरुजी! बता दीजिए कि कब हो जायेंगे? बेटे, मै...
- गायत्री माता की कृपा क्या होती है?...यह तीनों चीजें, तीनों सम्पदायें उस कीमत पर दी जाती हैं, जिन्हें हम श्रद्धा कहते हैं। श्रद्धा की कीमत...
- घड़े भर मदिरा पी जाने पर सन्तुलन कैसे निभे?...मनःस्थिति में विकृतियाँ भरी नहीं कि परिस्थितियाँ संकटापन्न हुई। नियत की क्रिया प्रतिक्रिया व्यवस्था ...
- चालीस शंख कैसे बजते हैं?...आपको मालूम नहीं। चालीस शंखों की आवाज जब एक साथ बजती है, तो कान कैसे काँपते हैं, नवीनता कैसे मालूम पड़...
- जन-चेतना को कैसे जगाया जाए?...हमने जुलूस आदि के लिए लोगों को मना कर दिया। इस धूम-धड़ाका से कोई लाभ नहीं होगा। हमने एक सौ आठ व एक हज...
- जनता को कैसे बहकाया जा सकता है, कैसे पैसा लिया जा सकता है और किस तरीके से उलटी पट्टी पढ़ाई जा सकती है?...वह सब कुछ होता रहेगा। यदि जनता समझदार और जागरूक है तो फिर इन चालाकियों की बारीकी को वह समझ जाएगी और ...
- जब आत्मा का कोई अस्तित्व नहीं, मरणोत्तर जीवन की आशा नहीं और शरीर के साथ ही अपने अस्तित्व का अन्त होने वाला है तो भी थके हारे, बूढ़े, घिसे व्यक्ति की आँखों में आशा की चमक कहाँ से आ सकती है?...जवानी में भी मनुष्य जो कुछ देखता है सब कुछ निरर्थक, निरुद्देश्य, नीरस पाता है। ऐसी दशा में वह निरर्थ...
- जब भगवान ही जना देगा, भगवान ही उद्धार कर देगा, जब सब काम वही कर देगा, तो तू भी किसी मर्ज की दवाई है या नहीं?...नहीं साहब! हम किसी मर्ज की दवाई नहीं है। सब भगवान करेगा। सब गलत बात है। फिर भगवान कुछ भी नहीं करेगा।...
- जब वह खाने के लिए बैठे तो ख्याल आया कि जिस वातावरण में हम रहते हैं, जिस समाज में हम रहते हैं, वहाँ हमसे भी ज्यादा कोई दुःखियारा तो नहीं है?...अगर हमसे भी ज्यादा दुःखियारा है तो पहला हक उसका है। बाद में हमारा हक है। वह छत पर चढ़कर चिल्लाने लग...
- जब हूरें आयेंगी, तो मैं कहूँगा कि तुमने गायत्री का अनुष्ठान किया था या नहीं?...वह कहेगी कि आचार्य जी! हम तो आपको गाना सुनाने, नाचने-गाने आई हूँ। तो मैं कहूँगा कि ऐ हूर! तुम मेरी ब...
- जानवरों के लिए कोई जगह नहीं है और इंसान के लिए?...बेटे, इंसान के लिए हर जगह प्यास है, लेकिन ऐसा आदमी मुझको कहीं दिखाई नहीं पड़ता।मित्रो! आदमी ने अपनी औ...
- जिन लोगों के ऊँचे कर्म और ऊँचे विचार हैं, उन्हें देवता नहीं तो और क्या कहेंगे?...वह भारत भूमि जहाँ से कि आप पधारे हैं, वह देवताओं की भूमि थी और उसे देवताओं की भूमि रहनी चाहिए। आपको ...
- जिन्दगी भर सारी लड़कियों को हम कैसे रखेंगे?...उनको घर जाना चाहिए और दूसरा काम करना चाहिए। वही लड़कियाँ यहाँ बैठी रहेंगी, तो नयी कहाँ से आयेंगी? हमा...
- जिस जनता को आप शिक्षण करने चले हैं, उस जनता का सबसे निकटवर्ती, सबसे समीपवर्ती आदमी और आपका सबसे अधिक कहना मानने वाला और आपकी आज्ञा से चलने वाला आदमी, आपके अधिकार में रहने वाला आदमी कौन है?...वह हम स्वयं हैं। पहले हमको यह बातें स्वयं को सिखानी होंगी। जो बातें आप जनता को सिखाने के लिए चले हैं...
- जिस तरह बन्दूक में तरह-तरह के कारतूस चढ़ा देते हैं?...मंत्र का। इस माला पर महामृत्युंजय मंत्र का कारतूस दनादन चढ़ा दिया, जो खट्-खट् सब बीमारियों को मार डाल...
- जीव क्या होता है?...नहीं साहब! हम दिमाग का शिक्षण करेंगे। मित्रो! यह दिमाग की कोई शक्ति नहीं है। यह कानों की कोई शक्ति न...
- जीवन की सार्थकता के लिए हमको अपना चरित्र आदर्श बनाने के लिए, लोगों के सामने अपना नमूना पेश करने के लिए क्या करना चाहिए?...और समाज को सुखी- समुन्नत बनाने के लिए क्या करना चाहिए? आपको इसकी प्लानिंग करनी चाहिए और इसके लिए योज...
- जो टूटा उसे फेंक दिया जाय, ऐसा कैसे हो सकता है?...सब कुछ नया ही नया हो यह कैसे सम्भव है? इसी प्रकार जो रूठ जाय उससे खुद भी रूठ बैठे तो घर परिवार का चल...
- जो स्वास्थ्य आपको मिला, क्या उसका इस्तेमाल ठीक प्रकार से आपने कर लिया?...फिर आप कौन से मुँह से भगवान् से माँगने चले हैं कि हमारा स्वास्थ्य अच्छा बना दीजिए। आपको जो धन मिला...
- ठप्पा किसे कहते हैं?...ठप्पा कहते हैं साँचे को। जैसा ठप्पा होगा वैसी आकृति बनेगी। गीली मिट्टी को मोर के साँचे में लगा करके ...
- डकैती डालने का जो माद्दा लोगों में पैदा हुआ है, वह किसकी वजह से पैदा हुआ है?...लोभ की वजह से पैदा हुआ है। लोभ बहुत बड़ा राक्षस है। लोभ इतना बड़ा राक्षस है जिसने हमको और आपको तबाह कर...
- डूब कहाँ गया?...तेरे सिर में डूब गया। नहीं साहब! लड़की की जन्मपत्री नहीं मिलती, फलानी नहीं मिलती, ढिकानी नहीं मिलती, ...
- तपा देने से क्या मतलब है?...तपा देने से वही मतलब है, जो हम आपको इस योग साधना शिविर में सिखाना चाहते हैं। हम आपको गरम करना चाहते ...
- तुम जानते नहीं हो, हम कौन हैं?...मालूम नहीं, कोई अच्छे आदमी मालूम पड़ते हैं आप। नहीं भाई! हम इस राज्य के राजा हैं। अच्छा, हमको नहीं मा...
- तुम लोग इलाज कराने क्यों नहीं आते?...आपरेशन कराने क्यों नहीं आते? अरे साहब! हम क्यों आपरेशन करायें? जब हम बीमार ही नहीं पड़ते, तो आपरेशन क...
- तू क्या कर रही है?...उसने कहा—‘तुम क्या कर रहे हो?’ हम समुद्र में पुल बना रहे हैं। क्यों? उन्होंने कहा—‘सीता जी को वापस ल...
- तूने हमारे जीवन को कैसा कलुषित बना दिया?...कैसा भ्रान्त बना दिया? स्वयं का सब कुछ होते हुए भी कुछ भी दिखाई नहीं पड़ता। सब कुछ तो हमारे पास है, प...
- तो क्या इसी में से मिलेंगे चमत्कार?...नहीं बेटे, इसमें से चमत्कार नहीं मिलेंगे। चमत्कारों के लिए बड़ा वाला बगीचा बनाना पड़ेगा। बड़ा काम करना ...
- तो क्या किया था?...तप किया था। तप करने के बाद उन्होंने बताया था कि हम सोने के हैं और आप लोहे के हैं। हम स्टील के हैं, आ...
- तो क्या भगवान की कोई शक्ल नहीं है?...बेटे, भगवान की शक्ल नहीं हो सकती। वे शक्तियाँ हैं। दुनिया में दो तरह की शक्तियाँ हैं- एक भौतिक और एक...
- तो बिना हत्या के माँस मिल जाता है?...अभी मैं बताता हूँ कि बिना हत्या के भी माँस मिल सकता है? कैसे? सरल रास्ता ढूँढ़ते हैं आप! वे बकरी का म...
- तो महाराज जी फिर क्या करना चाहिए?...बेटे, आपके हाथ में एक सौभाग्य है। आप चाहें तो सौभाग्य का फायदा उठा सकते हैं। कैसे? आगे वाली लाइन में...
- थोड़े दिनों बाद क्या हुआ?...खेती-बाड़ी बन्द हो गयी। बैल बिक गये। कुएँ सूख गये। जमीन परती हो गयी। जिन लोगों के पास अनाज था, लोग खर...
- दावत में से बची हुई चीजें, जो आठ- आठ दिन की पुरानी पूड़ियाँ हो जाती हैं, सड़ जाती हैं, उनको क्या फेंक दें?...नहीं भाई! फेंकिये मत। इनको भिखारियों को दे दीजिए। भिखारियों को सड़ी हुई पूड़ियाँ दी जाती हैं, बचे हुए ...
- दीपावली के दिन क्या-क्या लायेंगी?...एक बड़ा वाला थैला लायेंगी। उसमें क्या-क्या भरकर के लायेंगी? पाँच वाले नोट अलग, दस रुपये वाले नोट अलग,...
- देवताओं को प्रसन्न करने की एजेन्सी किस आधार पर इन पण्डितों को मिली हुई है, इनके द्वारा किये गये क्रिया-कृत्य ही क्यों इन देवताओं को सन्तोष देते हैं, अन्य कोई उसी पूजा प्रार्थना को स्वयं कर लें, तो उनका समाधान क्यों नहीं होता?...नक्षत्रों की भी ऐसी ही विचित्र माया है। दो-दो नक्षत्रों के ऐसे जोड़े हर महीने आते हैं, जिन्हें मूल कह...
- दोनों को मिलाकर संगठन की शक्ति, दुर्दान्त दिखने वाली आसुरी शक्तियों की तुलना में तगड़ी पड़ती है नहीं?...इस सम्बन्ध मे फैले हुए भ्रम का अगले दिनों निराकरण हो सकेगा। सत्य जीतता है, पराक्रम जीतता है, ब्रह्मव...
- धोबी कैसे हैं?...धुलाई करना हमारा काम है। कपड़े धोना भी हमारा काम है। मन का धोना भी हमारा काम है, जीवन को धोना भी हमार...
- नहीं करेंगे, तो फिर आत्मा की बात कहाँ रही?...आत्मा की उन्नति का सवाल कहाँ रहा? आत्मा की उन्नति कोई खेल-खिलौने थोड़े ही है कि आप रामायण पढ़ लेंगे,...
- नहीं बेटे, वह मिट्टी तो कहीं पड़ी होगी, लेकिन उसमें कोई चमत्कार नहीं होते?...नहीं बेटे, वह पहले भी मिट्टी थी और अब भी है। वह अभी भी कहीं पड़ी होगी, तलाश कर लेना। फिर महाराज जी!...
- नहीं, हनुमान् जी भी पकड़ में नहीं आएँगे और रामचंद्र जी तो, भला कैसे पकड़ में आ सकते हैं?...वे भी नहीं आएँगे। दिशा जो बदली, तो गजब हो गया मित्रो! क्या वजह है इसकी? हम में और तुलसीदास जी में क्या...
- नाम कट जाएगा कि नाक कट जाएगी?...चाहे जो समझ ले बेटा। तू अपने सम्बन्ध में समझ ले कि नाक कट गई और हम समझ लेंगे कि तेरा नाम कट गया। बात ए...
- पण्डित कहाँ से लायें?...वे व्यक्ति जिनके भीतर आध्यात्मिकता का प्रकाश आ गया है, वो व्यक्ति हम कहाँ से लायें? हमें बड़ी कठिनाई ...
- पता नहीं कौन सुखी है और कौन दुःखी है?...जहाँ तक मैं समझ पाया हूँ कि ये मनुष्य की सोच है, जो मनुष्यों को सुखी और दुःखी बनाती हैं। एक उदाहरण म...
- पन्नी को उखाड़कर देख, भीतर क्या रखा है?...नहीं साहब! वह बड़ी खूबसूरत महिला है। बड़ा सौन्दर्य है। सुंदर रूप है तो जरा पन्नी को उघाड़। पन्नी से मतल...
- पहले उससे पूछ लेना कि क्या वह कोई सेठ बनने जा रहा है या बच्चा पैदा करने जा रहा है?...पहले यह पूछ लेना फिर उसे इनसान का जन्म देना। अगर मनुष्य का जन्म चाहिए, तो दो रुपये के कागज पर हस्ताक...
- पहले देखिये, समझिये कि जड़ क्या होती है?...मित्रो! जड़ वह है, जिसे मैं आपको समझा रहा था। जड़ में मैं यह समझा रहा था कि गायत्री उपासना क्या है? गा...
- पार्वती जी ने महादेव जी को मिठाई खिलाई थी?...नहीं महाराज जी! मिठाई नहीं खिलाई। तो क्या किया था? तप किया था। तप करने के बाद उन्होंने बताया था कि ह...
- पैसा ऐसे लोगों को दिया जाता है, जिनकी समझ में नहीं आता कि उसका क्या इस्तेमाल किया जाए?...इस धर्मभीरु जनता को क्या कहा जाए? उनकी धर्मभीरुता को किस तरीके से धिक्कारा जाए? इतना समर्थ धर्मतंत्र...
- प्रेय मनुष्य को कहाँ तक घसीट ले जाता है?...वह मनुष्य को असुर बना देता है, शैतान बना देता है।...
- फिर उन्हें बाधित और लज्जित क्यों किया जाय?...रोगी, वृद्ध, अपंग, अविकसित भी तो ज्यों-त्यों करके अपने दिन काटते हैं। जो अपना भार स्वयं वहन नहीं कर ...
- फिर उसको सुविधाएँ पहुँचाने की जिम्मेदारी परिवार वालों पर कैसे रही?...यदि रही भी तो एजेन्ट लोगों के घर में गया माल उन मृतात्माओं के पास कैसे पहुँच जायेगा?
हर मनुष्य अ...
- फिर कहाँ चला गया?...फिर द्रोणाचार्य मर गया। कहाँ गया? एकलव्य की लाश जब जली, तो द्रोणाचार्य की लाश भी जल गयी। यह कैसे हो ...
- फिर कौन आये सहायता देने के लिए?...वे आदमी गये, जिनके पास दिल था, जिनके पास भावनाएँ थीं, जिनके पास श्रम था और जिनके पास सहानुभूति थी।म...
- फिर बेटे, तू क्या करेगा?...मैं तो नौकरी करूँगा। कहाँ नौकरी करेगा? हम शहर में नौकरी करेंगे। किसकी नौकरी करेगा? सवा सौर रुपये की ...
- फिर ये आकृतियाँ क्यों बना दी गयीं?...बेटे, इनका एक मकसद है। मकसद के लिए आकृतियाँ बनाई गयी हैं। यों तो भगवान की कोई आकृति नहीं हो सकती, पर...
- बच्चों से क्या फायदा?...उन्हें पढ़ाने में, योग्य बनाने में, उनकी शादी-ब्याह करने में काफी खर्च होगा। इसके अलावा हमारी मौज-मस्...
- बात- बात में अपना आपा खो बैठते हैं, अपना बैलेन्स गंवा देते हैं, अपना टेम्पर लूज कर बैठते हैं, तो इससे छुटकारा पाने के लिए क्या होना चाहिए?...शिक्षण समझें मित्रो! शिव के भक्त को अपना टेम्पर लूज नहीं करना चाहिए। आदमी के जीवन में दोनों तरह की प...
- बीमार लोग कैसे आ सकते हैं?...अगले दिनों हमको तीर्थयात्रा का एक कार्यक्रम बनाना पड़ेगा और भूदान के कार्यक्रम की तरह पदयात्रा हमारा ...
- बेटे, उसमें तुझे क्या चीज प्यारी लगती है, बता तो सही?...प्यार। हाँ बेटे, मैं यही कह रहा था। जिस पर आपका प्यार रहेगा, वह कितना खुश, कितना मीठा, कितना मधुर, क...
- बेटे, और भी सैकड़ों बातें हैं, मैं उन्हें कहाँ तक बता सकता हूँ?...प्रत्येक देवता के पीछे शिक्षण है। क्यों साहब? प्रत्येक देवता क्या ऐसी ही शक्ल का होता है? हाँ बेटे...
- बेटे, कोई फायदा हुआ?...कोई फायदा नहीं हुआ। कोई फायदा हो सकता है? हाँ हो सकता है। हमारे ऊपर सातों की सातों बातें लागू होती ह...
- बेटे, मुझसे खेल-खिलौना क्यों पूछता हैं?...जो असली योगाभ्यास है, उसे क्यों नहीं पूछता? असली तपश्चर्या क्यों नहीं सीखता, जिसमें तुझको पसीना आयेग...
- बेटे, मैं देखता हूँ कि नया युग आयेगा, तो कैसा युग आयेगा?...यह ऐसा युग आयेगा जिसमें आदमी के पास नीति, आदर्श, दर्शन, सिद्धान्त, भलमनसाहत- ये सिद्धान्त उसके पास ह...
- बेटे, वह दवाई क्या है?...महाराज जी! वह आपके चरणों का जल है। हमारे चरणों का जल? हाँ। आज हमें तो बहुत जोर का बुखार है। जब चेला ...
- बेटे, हमको मंत्र कहाँ आते हैं तो किससे पूछूँ?...उनसे पूछकर आ-इंदिरा गाँधी से। क्या पूछूँ? यह पूछ कि आप तो भारतवर्ष की प्रधानमंत्री हैं। आप हमें सन्ता...
- ब्राह्मण से आपका क्या मतलब है?...मित्रो! ध्यान रखिये, मैं जन्म से जाति पर विश्वास नहीं करता। मैं गीता का अनुयायी हूँ और भगवान श्रीकृष...
- भक्ति कैसे हो सकती है?...भक्ति का एक ही तरीका है कि हम भगवान के साथ पीछे- पीछे चलने की कोशिश करें। और भगवान का अनुसरण करने की...
- भगतसिंह असफल हो गये कि सफल?...असफल। झाँसी की रानी लक्ष्मी बाई असफल हो गयी कि सफल? असफल। ऋषि दधीचि असफल हो गये कि सफल? असफल हो गये।...
- भगवान उन दौलतों को छीन ले, समय को छीन ले, श्रम को छीन ले, अकल को छीन ले, फिर देखें आप क्या कमा कर लाते हैं?...बेटे यही असली दौलत है जिसका केवल रूप परिवर्तन हो जाता है और हम उसे रुपये के रूप में, अमुक के रूप में...
- भगवान कब मिलेगा?...कहाँ मिलेगा? भगवान वहाँ मिलेगा, जबकि हम दो इम्तिहानों में पास होते चले जायेंगे। कौन-कौन से? लोभ और म...
- भगवान राम ने उस छोटे से जानवर को देखा और पूछा—यह कौन है?...बन्दरों ने कहा — यह गिलहरी है। यह क्या करती है? उन्होंने कहा कि यह अपने बालों में मिट्टी भरकर ले जा...
- भगवान् से मिलने की बात हम कैसे कह देंगे?...मित्रो! हम सड़े हुए मनुष्यों और मरे हुए मनुष्यों की मनोकामना पूर्ण करने की जिम्मेदारी कैसे उठा लेंगे?...
- भजन का हम क्या करें?...केवल भजन से कोई बात नहीं बनने वाली है। भजन के साथ-साथ पुरुषार्थ भी करें। जितने सन्त, महामानव इस धरती ...
- भर्तृहरि ने वर्तमान परिस्थितियों की समीक्षा करते हुए लोगों से सवाल पूछा है-‘‘संसारे मनुष्याः वदन्ति अति सुखम् वसन्ति किं किं?...’’ अरे लोगो! तुम में से कोई एकाध ऐसा हो जो यह कह सकता हो कि मैंने सुखी जीवन जिया, तो आगे बढ़कर अपना न...
- मनुष्यकृत दण्डविधान में इस प्रकार के अपराध करने वालों को प्रताड़ना देने का अनुबन्ध नहीं है तो क्या?...प्रकृति के अपने कानून तो है। ऐसे कठोर, ऐसे सुनिश्चित जिनसे बच निकलना कठिन है। कल न सही परसों तो उनके...
- मूर्तियाँ किससे बनती हैं?...छेनी-हथौड़े से बनती हैं। अच्छा, एक पत्थर का टुकड़ा हम आपको देंगे और छेनी-हथौड़ा भी देंगे। आप एक मूर्ति ...
- में भर्ती करायेगा, तो जो फीस लगेगी, वह कहाँ से आयेगी?...क्या भगवान भेज देगा? फिर क्यों कहता है कि डॉक्टर बनायेगा? फिर यों कह कि भगवान जो चाहेगा, सो बनायेगा।...
- मेरा अपना मकान होगा तो क्या हो जायेगा और मकान नहीं होगा तो क्या हो जायेगा?...किराये के मकान में रह लूँगा, तो क्या हर्ज हो जायेगा? मेरे मन ने और मेरे ईमान ने कहा और फटाफट मैंने...
- मेले में जो बच्चा खो जाता है, वह अपनी माँ को तलाश करता फिरता है कि हमारी माँ कहाँ गयी?...और माँ चिल्लाती फिरती है कि हमारा बच्चा कहाँ गया? बिल्कुल यही हालत हमारी है। हम चिल्लाते फिरते हैं क...
- मैं उससे बात करने लगा और कहा कि आप यह बताइये कि उस असली बही खाते में और नकली बहीखाते में कितने रुपये का चक्कर है?...मैंने कहा कि यदि आपको इन्कम टैक्स देना पड़े, पेनाल्टी देनी पड़े, सजा भुगतनी पड़े, तो आपको कितना नुकसान ...
- मैं क्या कर सकता हूँ?...समय गया, सो गया, फिर नहीं आयेगा। युग की संध्या है, यह सन् १९७७, जिसमें हम और आप रह रहे हैं। आपको तो ...
- मैं चाहता था कि हम और आप मिलकर समय की विभीषिकाओं को पार कर लेते, तो कैसा अच्छा होता?...कुछ चीजें हमारे पास हैं, जो आपके पास नहीं हैं और कुछ चीजें आपके पास हैं, जो हमारे पास नहीं। कुछ चीजे...
- मैं दे दूँगा, पर यह बताइये कि मेरे सट्टे में फायदा हो जायेगा कि नहीं?...हाँ बेटे, तेरे सट्टे में फायदा हो जायेगा, तू पाँच हजार रुपये निकाल दे और कहीं से इकट्ठा करवा दे। अ...
- यदि आप नागा बाबाजी हैं, तो आप दुनिया को क्या सन्देश देने चले हैं?...हरिद्वार में गंगा विस्तृत क्षेत्र में फैली हुई है, परन्तु नहीं साहब, हम तो हर की पौड़ी में ही स्नान कर...
- यह क्या कर रहे हैं?...साहब खर- पतवार उखाड़ रहे हैं। और यह क्या कर रहे हैं? पेड़ की काट- छाँट कर रहे हैं। क्यों? खूबसूरती लान...
- यह क्या बात हुई?...बेटे, जीवन का एक पहलू यह भी है। यह क्या है? यह वह पहलू है कि सारे के सारे जीवन में जहाँ सद्वांछनीयता...
- यह क्या बात है?...आप लोग हवन करते हैं और जानवरों को मारकाट करके हवन करा देते हैं। यह भी कोई बात है? उस समय लोग ज्यादा ...
- यह क्या बात है?...बुड्ढा आदमी, जिसके बाल सफेद हो गये हैं, दाँत उखड़ गये हैं, इतना विद्वान है, ऋषि है। इसको देख करके तुम...
- यह क्या बात है?...बात यह है कि यह कहती है कि जो उचित तरीका है, उससे आप हमको इस्तेमाल कीजिए। आस्तिकता का सिद्धान्त मित्...
- यह क्या है?...देखने में तो कोई खास बात नहीं है, आपको अमुक काम करने से नमक का क्या ताल्लुक? और आप शक्कर नहीं खायेंग...
- यह क्या है?...यह ब्रह्मविद्या है। ‘ॐ भूर्भुवः स्वः’ ब्रह्मविद्या है। नहीं गुरुजी! उपनिषद् बताइये। बेटे, बस इतनी ही...
- यह क्या है?...कल्पना, जिसके पीछे कोई प्लानिंग नहीं होती, कोई तैयारी नहीं होती। ये विचार कहलाते हैं और मंत्र किसे क...
- यह क्या हो गया?...जादू हो गया। मित्रो! यह एक खालिस जादू है। जादू किसे कहते हैं? जिसमें आदमी को मशक्कत नहीं करनी पड़ती...
- यह परमात्मा आता कहाँ से है?...बेटे, यह हमारे अन्दर की सुपीरियारिटी है। जब तक हमारे भीतर कषाय- कल्मश छाये हुए हैं, तब तक हम जीव हैं।...
- यह भी कोई तरीका है?...आपने क्यों काम कराया? लाल-लाल आँखें लेकर आ जाता है और लड़ने के लिए उतारू हो जाता है और आप भी चाहें तो...
- यह भी कोई बात है?...उस समय लोग ज्यादा पढ़े हुए तो थे नहीं, उन्होंने कहा कि साहब! यह तो यज्ञ है। यज्ञ में हिंसा होती है। य...
- यही मतलब है न आपका?...आप मैटेरियल से मैटेरियल को देखना चाहते हैं। प्रकृति से प्रकृति को देखना चाहते हैं। फिर तो आपको भौतिक...
- यहीं पर रखा रहेगा?...हमने जीवन भर में करोड़ों रुपये कमाये, वह सब यहीं रह जायेगा? हाँ साहब! बिल्कुल यहीं रखा रहेगा। सिकन्दर...
- ये क्या है?...ये बेटे, कसाईपन है। आज हर आदमी कसाई होता हुआ चला जा रहा है। आज हम देखते हैं कि न हमको अपनी बीबी के प...
- ये बीज क्यों खराब करता है?...क्या फायदा हुआ? यह हमारी बाहर की चमड़े की आँखें कहती हैं कि किसान गलती कर रहा है। लेकिन एक समझदार किस...
- ये विचार कहलाते हैं और मंत्र किसे कहते हैं?...मंत्र उसे कहते हैं, जिसमें संकल्प जुड़े हुए होते हैं, निष्ठाएँ जुड़ी हुई होती हैं, साहस जुड़ा हुआ होता ...
- ये सब क्या गड़बड़ हो गया है?...अर्जुन बेचारा तो कह रहा था कि हम तो चाय की केंटीन चलाएँगे और गुजारा करेंगे और अपनी मौज किया करेंगे। ...
- योग किस तरीके से हो सकता है?...योग अपने आपको जीवन में मिला देने का नाम है। जैसे मैं आपको उदाहरण देता हूँ। पानी की एक छोटी सी बूँद क...
- रस किसे कहते हैं?...आनन्द को कहते हैं। यह आनन्द कहाँ है? भगवान् में है। अगर आप भगवान् के साथ आत्मीयता जोड़ लें, तो आपको भगव...
- रामकृष्ण परमहंस के पास जाकर विवेकानन्द जाने क्या-से हो गये?...गाँधी जी के पास जाकर राजेन्द्र बाबू, जवाहर लाल नेहरू, राधाकृष्णन्, जाकिर हुसैन और न जाने कितने आदम...
- रेगिस्तानों में क्या हाल हो रहा है?...जैसलमेर में क्या हाल हो रहा है? रेगिस्तान में जहाँ पानी नहीं है, वहाँ आप देख ही रहे हैं। अगर गंगा न ...
- लक्ष्मण ने यह पूछा कि रामचन्द्र जी आपने कहा था कि हमने एक तीर मारा है, तो इसके शरीर में हजारों छेद कैसे हो गये?...रामचन्द्र जी ने कहा-हे लक्ष्मण! हमने तो उसे केवल एक ही तीर मारा है, परन्तु वे छिद्र उसके अपने कर्मों...
- लक्ष्मी जी कब आती हैं?...दीवाली के दिन आती हैं। क्या लाती हैं। रुपये लेकर आती हैं। हाँ महाराज जी! लक्ष्मी जी रुपये की देवी है...
- लोग किसे कहते हैं?...घटिया लोगों को ‘लोग’ कहते हैं, कमीने लोगों को ‘लोग’ कहते हैं। मित्रो! जिन लोगों का यह ख्याल है कि ...
- लोभ के लिए आपका शारीरिक श्रम विसर्जित हो गया, मोह के लिए भावनाएँ एवं मानसिक क्षमता विसर्जित हो गई, तो फिर क्या रह गया आपके पास?...तोड़िए न इन बन्धनों को। आप यहाँ रह करके इस कल्प साधना में अपने आपको बदल दीजिए और लोभ एवं मोह के बन्धनों...
- लड़के ने कहा कि पल भर की देरी है, लेकिन सावधान क्यों कहा गया?...अरे! जीवन के मोल का यही अन्त? चार छोकरी- चार छोकरे और एक पण्डित- ९। नौ ग्रह, नौ की दुहाई, नौ तरह की ...
- वह आदमी, जिसने मिठाई ला करके परोस दी है, वह यह देखेगा कि इसका तरीका क्या है?...इसकी नीयत क्या है? इसका ढंग क्या है? वह आपका इम्तहान लेगा। हमारी इज्जत तुम्हारे हाथ मित्रो! क्या करना ...
- वह कभी इधर को भटके, कभी उधर को भटके, तो उससे निशाना कैसे साधा जाएगा?...बीस जगह ध्यान रहा, तो आप विजेता नहीं बन सकते हैं। भगवान् आपको अपनाने के लिए हाथ बढ़ा रहा है, परन्तु...
- वहाँ का सिक्का क्या है?...वहाँ का सिक्का इतना शानदार और मजबूत है कि उसके बराबर सारे एशिया में किसी का सिक्का नहीं है। वहाँ करो...
- वहाँ चन्द्रलोक में यदि आपको भेज दिया जाय, तब?...तब आप कहेंगे कि गुरुजी यहाँ से तो वापस बुला लीजिए। जो लोग वहाँ पता लगाकर आये हैं, उनकी यह हिम्मत नही...
- शराब की नहरें वहाँ हैं, जो पीने को मिलेंगी और हूर मिलेंगी, गुलफाम मिलेंगे, तो मैं उनका क्या करूँगा, बताना तो सही?...अपने कमरे में मैं झाड़ू लगा लेता हूँ। बहत्तर गुलफाम मिलेंगे, तो मैं उनसे क्या काम कराऊँगा? वे सब मुझे...
- सम्बन्ध बनाकर क्यों रखा है?...मित्रो! जिस तरीके से माली अच्छे से अच्छे फूलों को चुन लेता है, हमने भी अपने कुटुम्ब में और परिवार मे...
- सायंकाल को जो हमारे प्रवचन होंगे, उसकी दिशा यह होगी कि जब कभी आपको जनता के मध्य स्टेज पर खड़ा कर दिया जाए, तो जनता तक अभी तक जहाँ हमारा प्रकाश नहीं पहुँच पाया है, उनको आपको क्या- क्या कहना पड़ेगा?...उनसे आपको क्या कहना चाहिए, यह शिक्षण हम आपको शिविर में देंगे। व्याख्यान देने की शैली, कर्मकाण्डों की...
- सारे संसार भर के किसी विश्वविद्यालय में जाइये और यह मालूम कीजिए की दो काम किसने किये?...एक तो हिन्दू धर्म का आरम्भ से लेकर अन्त तक प्राचीनकाल के ऋषियों का अनुवाद किसने किया है? सारी दुनिया ह...
- साहब, शरीर तो आखिर शरीर ही है, जो मिट्टी-पानी का बनता है, तो आप मिट्टी-पानी के रामचंद्र जी को देखना चाहते हो?...हाँ साहब, मिट्टी-पानी के रामचंद्र जी को देखना चाहते हैं।और किसको देखना चाहते हो? तीर-कमान वाले को दे...
- सौ बेड का अस्पताल आपने कहीं देखा है?...सौ बेड के अस्पताल में कितने डॉक्टर चाहिए? कितनी नर्सें चाहिए? कितनी दवाइयाँ चाहिए और कितना खर्च चाहि...
- स्त्री में क्या बात है, बताना जरा?...इसमें माँस है, हड्डियाँ हैं, खून है। और क्या है? साहब कुछ भी नहीं है, फिर भी हमको बड़ी प्यारी लगती है...
- स्वयं भागदौड़ करके कैसे काम कर सकते हैं?...इस भाग-दौड़ के लिए हमने नये आदमी तलाश किये हैं और उनको ही बनाने में लग रहे हैं। तप एकान्त में ही क्यों...
- हम अपने आपको कैसे सिद्ध करेंगे और कैसे मन को नियंत्रित करेंगे?...और कैसे इन्द्रियों का निग्रह करेंगे? सेवा के लिए हम मन कहाँ से लायेंगे और ऐसे कैसे करेंगे? यह हमसे ...
- हम और आप न जाने कैसे-कैसे जिन्दा हैं और न जाने कैसे-कैसे अपना काम कर रहे हैं?...न जाने कितना कम तेल है कि इस हिसाब से इस बत्ती का ज्यादा दिन तक जलना-चिराग का जलना मुश्किल मालूम पड़त...
- हम कुछ कह नहीं सकते कि आप इसको कब तक पूरा करने में समर्थ होंगे?...हमें नहीं मालूम है कि आपकी परिस्थितियाँ क्या हैं? आपके पारिवारिक उत्तरदायित्व क्या हैं? और आपकी जि...
- हम जानते हैं, हमारा भगवान जानता है कि आप क्या हैं?...इसलिए हमने इस बार यह कहना शुरू कर दिया है कि आप हमारा समय नष्ट करने के बजाय लिखकर दे जाइये। आप यहाँ ...
- हमको आप भगवान का दर्शन करा देंगे क्या?...देवता का दर्शन करा देंगे क्या? ऋषि ने कहा- बच्चो! कहीं छिप करके बैठ जाओ, शायद तुम्हें कोई मिल जाये। ...
- हमने आज फसल बोयी है, उसके फल ला दीजिए?...भाई साहब! उसके लिए आपको ठहरना पड़ेगा। नहीं साहब! हम ठहरना नहीं चाहते, हम तुरत-फुरत चाहते हैं। भाई साह...
- हमने हमेशा यह सोचा कि हमारे पास कुछ है, तो उसे किस तरह से बाँट सकते हैं?...अगर किसी के पास दुःख है, तो उसे किस तरह से दूर कर सकते हैं। यही हमने अपने पूरे जीवनकाल में किया है...
- हमारी गलतियाँ कहाँ होती हैं?...दोष हमारे कहाँ हैं? दुर्गुण हमारे कहाँ हैं? कषाय हमारे कहाँ हैं और कल्मष हमारे कहाँ हैं? मल हमारे कह...
- हमारे इतने ऊँचे संस्कार और मनुष्य का जीवन किस खास काम के लिये मिला हुआ है और तुम्हें भगवान् ने किस खास समय पर भेजा?...अपनी जिम्मेदारियों को पूरा करने के लिये भेजा।...
- हर की पौड़ी के ब्रह्मकुण्ड में नहाकर के आप बैकुंठ को जाएँगे?...यह बहम जिनके दिल के ऊपर सवार है, उनकी तादाद खत्म होनी चाहिए। जिनको यह बहम हो गया है कि छह तारीख को...
- (पर) एक ये महीना भर है, (भले आपको) इसमें भी एक जगह नहीं रह सकते?... आपको ऐसे रहना चाहिए जैसे कि माता के गर्भ में बच्चा रहता है। आप कल्पना कीजिए आपकी कोठरी, अथवा सारा गाय...
- अरे गिरधर गोपाल की बात, गिरधर गोपाल कौन?... पत्थर का टुकड़ा - नहीं, पत्थर का टुकड़ा नहीं सशक्त और जीवन्त। कैसे? मीरा ने अपनी श्रद्धा को समर्पित किय...
- आपकी रीति-नीति में क्या फर्क आना चाहिए?... यह हम आपको पंचोपचार की प्रक्रिया के माध्यम से समझाते हैं। पंचोपचार की प्रक्रिया क्या है? देवपूजन है। ...
- ऐसी दशा में युग अवतरण के लिए भागीरथी साहस कौन अपनाए?... सर्वत्र छाए हुए सन्नाटे में अपना मौन खोलने के लिए जाग्रत आत्माओं के अतिरिक्त और किसी से भी आशा नहीं ...
- कौन पसन्द करेगा?... और ऐसी जिन्दगी कौन पसन्द करेगा? जो बीमारियों से घिरी हुई हो। बीमारियों से घिरा हुआ होना, और कमजोरी से...
- झंडी से गाड़ी चलती है?... हाँ साहब! झण्डी में बड़ी ताकत रहती है। कितनी ताकत रहती है? झंडी में बिजली के ...
- दुनिया में विद्वान कम हैं क्या?... दुनिया में कलाकार कम हैं क्या? चतुर आदमी दुनिया में कम हैं क्या? क्रियाकुशलों की कमी है क्या? पर वे स...
- परिस्थितियों का उपयोग किस तरीके से करें?... अपने पास जो साधन और सामान मिला हुआ है या मिल सकता है, आप उसे किस तरीके से, ठीक तरह से इस्तेमाल कर पा...
- फिर असफलता क्यों मिली?... इस प्रश्न के एक ही उत्तर में उसे संकल्प का अभाव ही कह सकते हैं। धर्मकृत्यों को पूर्ण करने में तो इस ...
- फूल क्या है?... और चन्दन क्या है? चन्दन, फूल और दीपक—ये तीन चीजें अभी और बाकी रह जाती हैं। चन्दन का क्या अर्थ होता है और...
- मजनू में क्या बात है?... तुझे हमारी शक्ल दिखायी नहीं पड़ती? बाल बिखरे हैं, कुर्ता फटा है। ऐसे फटेहाल मजनू होते हैं? उसने कहा कि...
- यह रुद्राक्ष की माला असली है कि नकली है?... क्या मतलब है आपका? यह मतलब है कि असली रुद्राक्ष की माला है तो शंकर जी प्रसन्न हो सकते हैं और अगर नकली...
- यही देवपूजन की विधि आपको बताई थी न?... अभी भी आपको हवन कराते हैं, तो हवन करने से पहले, आहुतियाँ देने से पहले देवपूजन कराते हैं। ‘‘कलशस्य मुख...
- वो आपको खाली हाथ जाने देंगे क्या?... नहीं, ये तीनों शक्तियाँ ऐसी हैं जो बराबर आपकी सहायता करने के लिए अमादा हैं और सच्चे मन से चाहती हैं क...
- शासन किसे कहते हैं?... समाज किसे कहते हैं? शादियाँ किसे कहते हैं? कपड़ा किसे कहते हैं? सारी दुनिया के जंगली लोगों में उन्होंन...
- "का तहि यज्ञे सहधर्मचारिणी" तो फिर उनके यज्ञ में उनकी सहधर्मचारिणी कौन है?...? विश्वावारा ने तब बताया कि इस निमित्त सोने की सीता जी की प्रतिमा बनाई गई है।
इस आख्यान से यह स्पष्ट...
- "तो फिर आपका गुरुकुल ठंढक में बहुत अच्छा होता होगा?...? आपके यहाँ खाने को बहुत अच्छे फल मिलते होंगे?" हाँ! हमारे यहाँ बहुत अच्छे फल होते हैं। कैसे फल होते ह...
- '' छछूँदर कौन?...? हम और आप जहाँ कहीं भी जाएँगे, छछूँदरपन फैलाएँगे और उसके ऊपर गन्दी छाप छोड़कर आएँगे।...
- ''आत्मवत् सर्वभूतेषु'' क्या है?...? एक ही है कि आप दूसरों की मुसीबतों में हिस्सेदार हो जाइए और अपनी सुविधाओं को बाँट दीजिए, हो गया ''आत्...
- ''तो फिर आपका गुरुकुल ठंडक में बहुत अच्छा होता होगा?...? आपके यहाँ खाने को बहुत अच्छे फल मिलते होंगे?" हाँ! हमारे यहाँ बहुत अच्छे फल होते हैं। कैसे फल ह...
- ''धी'' क्या चीज है?...? यह वह ज्ञान है, जो हमारी आत्मिक समस्याओं का समाधान करती है। ज्ञान का अर्थ केवल यह है कि जो हमारी आन्...
- ''नादयोग'' किसे कहते हैं?...? नादयोग के दो हिस्से हैं। एक हिस्सा वह है, जो गाने के माध्यम से, संगीत के माध्यम से करते हैं। जब हम ग...
- ''न्यास'' किसे कहते हैं?...? बेटे! न्यास को यह समझ ले कि जैसे छुरे पर धार रखी जाती है और उसे तेज किया जाता है, उसी तरह यह धार रखी...
- ''मैं क्या हूँ?...? '' इस प्रश्न का उत्तर शब्दों द्वारा नहीं वरन् साधना द्वारा हृदयंगम कराने का प्रयत्न इस पुस्तक में कि...
- 'आत्मवत् सर्वभूतेषु' क्या है?...? एक ही है—आप दूसरों की मुसीबतों में हिस्सेदार हो जाइए और अपनी सुविधाओं को बाँट दीजिए—हो गया 'आत्मवत् ...
- 'क्या मतलब है इसका?...? उसके पैरों में घुँघरू नहीं हैं। अगर नाच का मजा देखना है तो हमारे घुँघरू भी बजें, हम भी बजें, हमा...
- 'धी' क्या चीज है?...? यह वह ज्ञान है, जो हमारी आत्मिक समस्याओं का समाधान करती है। ज्ञान का अर्थ केवल यह है कि जो हमारी आंत...
- 'नादयोग' किसे कहते हैं?...? नादयोग के दो हिस्से हैं। एक हिस्सा वह है, जो गाने के माध्यम से—संगीत के माध्यम से करते हैं। जब हम गा...
- 'न्यास' किसे कहते हैं?...? बेटे! न्यास को यह समझ ले कि जैसे छुरे पर धार रखी जाती है और उसे तेज किया जाता है, उसी तरह यह धार रखी...
- 'भक्ति' शब्द मैं जान बूझकर उपयोग नहीं करूँगा, क्योंकि भक्ति के सम्बन्ध में इतनी ज्यादा गलतफहमियाँ लोगों में छा गई हैं कि मैं क्या कहूँ?...? लोगों की सम्वेदनाएँ, भावनाएँ उभर आएँ और वह केवल रोने लगे, नाचने लगे, उचकने लगे, मस्तक झुकाने लगे, हाथ...
- 'भीतर' से आप क्या समझते हैं?...? जमीन के भीतर क्या छिपा हुआ है? बेटे, बाहर तो मिट्टी है, पर भीतर सम्पत्ति है, बहुमूल्य संपदा है। मित्र...
- 'मरा'-'मरा' होता है कि 'राम-राम'?...? भाई साहब! 'राम-राम' होता है। इसे बच्चे भी जानते हैं, किन्तु उन्होंने तो उलटे अक्षर जप डाले, परन्तु उनक...
- 'सोऽहम्' क्या होता है?...? बेटे ! 'सोऽहम्' उसे कहते हैं कि जब हमारी श्वास भीतर जाए तो हमको यह ध्यान करना चाहिए कि हमारे भीतर जो...
- (2) क्या आप भगवान् पर विश्वास करते हैं?...? (3) क्या आप समय की माँग को पूरा करने हेतु अपने अन्दर उत्साह से भरे हैं?
अगर यह आपको प्राप्त हो...
- (3) क्या आप समय की माँग को पूरा करने हेतु अपने अन्दर उत्साह से भरे हैं?...? अगर यह आपको प्राप्त हो जाएगा तो आपके दुश्मन भाग खड़े होंगे तथा आपका अहंकार समाप्त हो जाएगा और आप वजन...
- (आपको) अपने समाज के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आत्मा, परमात्मा के प्रति क्या कर्तव्य है? आप केवल कर्तव्यों पे विचार करें, और अधिकारों की उपेक्षा कर...
- (क्यों) अपनी इन्द्रियों को मारता क्यों?...? फिर तो अपना मनमौजी जीवन जिया करते, विलासिता का जीवन जिया करते और साथ-साथ में जप-तप करके, एकाध पूजा-प...
- (ये) इसे क्या कहेंगे?...? इसे आपत्ति-धर्म कहेंगे। (आपत्ति-धर्म) आज का समय ऐसा ही आपत्तिकाल है, जिसमें आपत्ति-धर्म निबाहने के ल...
- (१) अच्छाई हो अथवा बुराई हो वे किस कारण अधिक बढ़ती हैं?...? (२) हम वस्त्र क्यों पहनते हैं? हम सारा कमाया हुआ पैसा बैंकों में क्यों रखते हैं? हम सारा कमाया हुआ प...
- (१) अनेक रूपों में नर और नारी के बीच का सम्बन्ध हमारे भारतवर्ष में किस तरह का माना जाता रहा है?...? (२) वासना की चर्चा क्या सामाजिक जीवन में करना उपयुक्त होगा? (३) वासना की चर्चा सामाजिक जीवन में करने...
- (१) अपने देश के प्रति नागरिक का कर्तव्य क्या है?...? (२) दूसरों की सुविधा का ध्यान रखने से क्या लाभ होता है? (३) घर मुहल्ले एवं नगर में सफाई रखने के लिये...
- (१) अपराध की वृद्धि का दुष्परिणाम लिखो?...? (२) व्यक्तिगत सदाचार और सामाजिक कर्तव्य क्यों आवश्यक हैं? (३) सिद्ध करो अपराध व्यक्ति के लिये स्वयं ...
- (१) अभिभावकों के प्रमुख कर्तव्य क्या हैं?...? (२) बच्चों का विकास किन बातों पर निर्भर रहता है? (३) शिशु निर्माण के सम्बन्ध में रहस्य की बात क्या ह...
- (१) आकाश में अधर में लटके हुए ग्रह नक्षत्र किस कारण गिर नहीं पाते?...? (२) मनुष्य जीवन की स्थिरता एवं प्रगति का आधार क्या है? तथा उसको भुला देने से क्या हानियाँ हो सकती है...
- (१) आज राष्ट्र की प्रमुख समस्या एवं चिन्ता की बात क्या है?...? (२) खाद्य समस्याओं को हल करने में प्रत्येक परिवार क्या योगदान दे सकता है? (३) शाकों का उपयोग अन्न से...
- (१) आज शस्त्र पूजा क्यों होती है?...? एक ग्रामीण युवक ने पुरोहित से प्रश्न किया इसलिये कि मनुष्य को शक्तिवान होना चाहिए और आवश्यकता पड़े तो...
- (१) आजीविका प्राप्त करने से भी अधिक महत्त्वपूर्ण क्या है?...? (२) पैसा खर्च करने में किन-किन गुणों का होना अनिवार्य है? (३) उन गुणों के न होने से क्या हानियाँ होत...
- (१) आध्यात्मिक प्रगति का आधार क्या है?...? (२) सिद्ध कीजिये कि दाम्पत्य जीवन आध्यात्मिकता की प्रयोग-शाला है।...
- (१) आपके अनीति के पोषण करते रहने से क्या हानियाँ होती हैं?...? (२) आज के समाज में हम क्यों देख रहे हैं कि अत्याचार अनीति आदि करने वाले काफी साहस से यह कार्य करते ज...
- (१) आमिष आहार की हानियों पर प्रकाश डालिये?...? (२) जार्ज बर्नाड शा के शब्दों में माँस खाना अपराध क्यों है? (३) मानव प्राणी की सबसे बड़ी विशेषता क्या...
- (१) आर्थिक कठिनाई हम क्यों उठा रहे हैं?...? (२) आर्थिक कठिनाई की समस्या को हल करने के लिये क्या करना होगा।...
- (१) इसे आप कैसे कह सकते हैं कि एक सामान्य मनुष्य भी अवतारी पुरुष बन सकता है?...? (२) मनुष्य शरीर पाकर जो काम हमें करने चाहिए वे हम किस कारण नहीं कर पा रहे हैं? (३) माया किसे कहते है...
- (१) उत्पादन के प्रमुख पक्ष कितने हैं और कौन-कौन हैं?...? (२) उत्पादन में उचित अंश श्रम जीवी को देना क्यों आवश्यक है? (३) कर्तव्य की उपेक्षा क्यों नहीं की जान...
- (१) एक गृहस्थ एक साधु के पास गया और बोला-महात्मन् मैं दिन रात कमाई करता हूँ धन की कमी नहीं, परिवार भरा पूरा है तो भी शान्ति नहीं है?...? साधु ने पूछा-तात यह तो बताओ घर में सब लोगों में परस्पर एकता, अनुशासन और प्रेम भाव तो है? गृहस्थ बोला...
- (१) एक बच्चे को देश का बड़ा भारी नेता बनने की इच्छा थी पर कैसे बना जाये?...? यह बात समझ में नहीं आती थी। एक दिन फ्रेंकलिन की जीवनी पढ़ते समय उसने ज्ञानार्जन की महत्ता पढ़ी बच्चा उ...
- (१) एक युवक एक साधु के पास जाकर बोला-भगवन् कोई ऐसी आशीष दीजिये जिससे मालामाल हो जाऊँ?...? साधु ने कहा बेटा जा कोई उद्योग से ही पैसा बढ़ता है लेकिन युवक को तो अपनी धुन लगी हुई थी वह अपनी ही जि...
- (१) एक स्त्री ने सन्त सुकरात के पास जाकर पूछा-महाराज अपने पुत्र को पढ़ाना कब से प्रारम्भ करूँ?...? सुकरात ने पूछा-कितने वर्ष का हुआ है वह बालक! स्त्री बोली-पाँच वर्ष का। तब तो आपने ६ वर्ष की देर कर द...
- (१) कला एक संगीत का मुख्य प्रयोजन क्या है?...? (२) आजकल पैसा का दुरुपयोग अधिक हो रहा है सदुपयोग क्यों नहीं? कारण सहित समझाइए? प्राचीनकाल में कला का...
- (१) किसी ने विनोबा जी से पूछा-आप महाराष्ट्रीय ब्राह्मण हैं, कोकाणस्थ या देशस्य?...? उन्होंने कहा-मैं देश में रहता हूँ इसलिये देशस्थ हूँ काया में रहता हूँ इसलिये कायस्थ हूँ, और सबसे अधि...
- (१) क्या यह उचित है कि जिस तरह अविकसित जीव परस्पर दुर्व्यवहार करते हैं हमें भी करना चाहिए?...? (२) धर्म अध्यात्म और दर्शन का प्रयोजन क्या है? (३) घोड़े, गधे तथा अन्य सवारी में काम आने वाले तथा वजन...
- (१) खान अब्दुल गफ्फार से एक पत्रकार ने प्रश्न किया-आप इतना कम भाषण क्यों देते हैं?...? सीमान्त गाँधी ने उत्तर दिया-अब भाषणों को नहीं रचनात्मक कार्यक्रमों का युग है किसी से कुछ कहने की अपे...
- (१) गन्दा आदमी किस कारण घृणित माना जाता है?...? (२) बीमारी किस जगह में अधिक होती है? (३) हमें भारतवर्ष में स्नान किस प्रकार करते रहना चाहिए? (४) अपन...
- (१) गायत्री और यज्ञ इन दोनों का भारतीय संस्कृति के साथ क्या नाता है?...? (२) शास्त्रकारों ने गायत्री जी के कितने मुख बताये हैं? तथा इनके लाभ प्राप्त करने की क्षमता किसमें है...
- (१) गीता के रहस्यवाद से क्या समझते हो?...? मानव के आन्तरिक शत्रु कौन-कौन से हैं (२) अनीति को रोकने के लिए कठोर कदम उठाना क्यों आवश्यक है। (३) सम...
- (१) गौ हत्या के विरुद्ध आन्दोलन कर रहे कुछ स्वयं सेवकों से एक अधिकारी ने पूछा-बताइये लोगों में से कितनों ने गाय पाल रखी हैं?...? एक भी स्वयंसेवक मुँह न उठा पा रहा था। अधिकारी ने कहा-कितने खेद की बात है कि आप लोग गाय की बात कहते ह...
- (१) जीवन की सबसे महत्त्वपूर्ण समस्या क्या है?...? (२) जीवन लक्ष्य की प्राप्ति में प्रमुख बाधा क्या है।...
- (१) तुलसी के पत्ते का उपयोग पूजा में क्यों किया जाता है?...? (२) तुलसी के सेवन से क्या लाभ है? (३) हर घर में तुलसी का पौधा क्यों होना चाहिए? (४) तुलसी को औषधि के...
- (१) दहेज तथा शादियों का असह्य अपव्यय समाज को अधःपतन की ओर किस तरह ले जा रहा है?...? (२) पहले शादियों पर अपव्यय होने के क्या कारण थे? (३) अब अपव्यय करने पर समाज हमसे किस प्रकार का बर्ता...
- (१) देवता की परिभाषा कीजिये?...? (२) देवपूजन के समय उनके स्वागत सम्मान के लिए किन वस्तुओं का उपयोग किया जाना चाहिए? (३) बलिदान की प्र...
- (१) नर और नारी किस तरह एक दूसरे के सहयोगी हैं?...? (२) अपने समाज में नारी जाति की स्थिति कैसी है? तथा इससे क्या हानियाँ हैं? (३) पर्दा प्रथा कहाँ से प्...
- (१) निकट भविष्य में यदि हमें अपने समाज को समुन्नत देखना है तो हमें क्या करना चाहिए?...? किस तरह करना चाहिए? (२) मनुष्य की प्रगति किन गुणों पर अवलम्बित है? दुर्गुणी व्यक्ति तथा सद्गुणी व्य...
- (१) परिवारों को विघटन से क्या हानियाँ हैं?...? (२) भारतवर्ष में संयुक्त कुटुम्ब प्रणाली क्यों आवश्यक है? (३) बड़े परिवारों में सुव्यवस्था कैसी रखी ज...
- (१) पशु और मानव दोनों की प्रगति में इतना अधिक अन्तर क्यों है?...? सामाजिक आधार पर समझाइए? (२) सहकारितायुक्त की प्रवृत्ति में आध्यात्मिक आदर्श किस प्रकार जुड़े हुये हैं...
- (१) पिछले समय में जेवरों के बनवाने के कारणों पर प्रकाश डालिये?...? (२) अब पैसे को जेवरों के रूप में बदलना हानिकारक क्यों है? (३) वर्तमान समय में भी यदि जेवरों का प्रचल...
- (१) पिता को भगवान् कृष्ण की पूजा करते देखकर बालक ने पूछा-पिताजी कृष्ण को क्यों पूजना चाहिए?...? पिता ने बेटे से कहा-बेटा आज कृष्ण-जन्माष्टमी अर्थात् कृष्ण का जन्म दिन है। उनका जन्म दिवस मनाने का अ...
- (१) पुरानी भारतीय परम्परा के अनुसार मानव-जीवन कितने भागों में विभक्त है तथा उनमें उन्हें क्या-क्या कार्य करना होता हे?...? (२) जब तक हम पुरानी भारतीय परम्परा के अनुसार जीवन निर्वाह करते रहे हमें क्या लाभ होता रहा। (३) जीवन ...
- (१) प्रजातंत्र का क्या अर्थ है?...? इस प्रणाली में शासन तंत्र कैसे चलता है। (२) हमारे शासन में अपेक्षित कार्य कुशलता न होने का क्या कारण...
- (१) प्रजातंत्र में देश भक्तों के कर्तव्य क्या हैं?...? (२) युग निर्माण योजना द्वारा प्रसारित १० रचनात्मक नवनिर्माण के कार्यों का उल्लेख करते हुए युग की आवश...
- (१) प्रमुख नव पर्वों के नाम बताइये?...? (२) प्रत्येक पर्व की विशेषता एवं महत्त्व पर प्रकाश डालिये? (३) प्रमुख १० संस्कारों के नाम बताइये? (४...
- (१) प्राचीनकाल में सन्तान की संख्या वृद्धि पर जोर क्यों दिया जाता था?...? (२) आजकल परिवार नियोजन कर सन्तान की संख्या कम करने की क्यों आवश्यकता है? (३) आज के बालक समाज के लिए ...
- (१) बदले हुए जमाने में विवाह पर अधिक खर्च करना अनुचित है-सिद्ध करें?...? (२) दहेज की प्रथा नले अभिभावकों को बेईमान बना दिया है क्यों? (३) विवाह की कुरीतियों पर प्रकाश डालें ...
- (१) बुद्धिमानों एवं शिक्षकों के व्यसनों में प्रमुख कौन-सा व्यसन है?...? इसे मिटाना क्यों आवश्यक है? (२) तंबाकू में कौन २ से विष होते हैं? (३) तंबाकू के सेवन से कौन-कौन से र...
- (१) भगवान के मन्दिरों की स्थापना करने का मुख्य प्रयोजन क्या है?...? (२) आस्तिकता से क्या तात्पर्य होता है? (३) आस्तिक मनुष्य समाज को किस तरह लाभ पहुँचाता है? (४) मन्दिर...
- (१) भय हमारी प्रगति में किस प्रकार बाधक है?...? (२) क्या भय की निरर्थक कल्पना करके मनुष्य अपना अहित कर रहा है? (३) अवरोध हमें किस प्रकार सज्जन बनाते...
- (१) भाग्यवाद और पुरुषार्थ में जिस प्रकार अन्तर है उसी तरह किन्हीं और दो भिन्न उदाहरणों को बतायें?...? (२) पुरुषार्थ के असफल होने पर क्या हानि है तथा तब भाग्यवाद से क्या लाभ है? (३) भाग्यवाद किस प्रकार व...
- (१) भारत में गौ पालन का क्या महत्त्व है?...? (२) गाय का दूध सर्वश्रेष्ठ क्यों माना जाता है। (३) सिद्ध कीजिये कि गौ रस सर्वांगपूर्ण परिपुष्ट आहार ...
- (१) भारतवर्ष में धर्मजीवियों की संख्या कितनी है?...? (२) धर्म जीवियों के कर्तव्य क्या हैं? (३) प्राचीनकाल के साधु-ब्राह्मणों की आज के साधु-ब्राह्मणों से ...
- (१) मनुष्य अन्य प्राणियों से श्रेष्ठ क्यों है?...? उसे अधिक सुविधाएँ क्यों दी गई हैं। (२) मानव जीवन का सर्वोच्च लक्ष्य क्या है। (३) आत्म बोध किसे कहते ...
- (१) मनुष्य का विकास किस बात पर निर्भर है?...? (२) विचार धन से भी बड़ी शक्ति है-सिद्ध करो।...
- (१) मनुष्य का सर्वप्रथम गुण कौन सा है?...? २. सज्जनता की परख क्या है? ३. मिथ्या बोलने से क्या हानि है असत्य कितने प्रकार का होता है। ४. प्रतिष्...
- (१) मनुष्य की अपनी सन्तान के प्रति क्या जिम्मेदारियाँ हैं?...? (२) अभिभावक अपनी सन्तान का पालन-पोषण किस प्रकार करें कि वह विलासी, चटोरी, एवं अहंकारी न बने? (३) अपन...
- (१) मनुष्य की अल्पायु एवं अस्वस्थता का मूल कारण क्या है?...? (२) सम्पदायें एवं विभूतियाँ कैसे उपलब्ध होती हैं? (३) श्रम की प्रतिष्ठा प्रतिपादित करने के लिए क्या ...
- (१) मनुष्य की महानता और निकृष्टता किस तरह उसकी मनः स्थिति पर निर्भर है?...? (२) विचार किस तरह मनुष्य के लिये उपयोगी हैं? (३) इस समय जो प्रगति की विविध विध चेष्टाएँ की जा रही है...
- (१) मनुष्य जीवन की सर्वाधिक मूल्यवान वस्तु क्या है?...? (२) हर क्षेत्र में सफलता के उच्च शिखर पर पहुँचने का रहस्य क्या है? (३) जीवन में एकीकरण एवं केन्द्रीय...
- (१) मानव जाति का उज्ज्वल भविष्य नारी का स्तर ऊँचा उठाये जाने पर निर्भर है?...? सिद्ध कीजिये? (२) आजकल लड़कियों को शिक्षा दिलवाना क्यों आवश्यक है? (३) आज का युवक अपनी पत्नी को किस ...
- (१) मानव धर्म का मूल आधार क्या है?...? (२) मनुष्य को व्यक्तिगत स्वार्थ की अनेक सामाजिक सुव्यवस्थाओं पर ध्यान क्यों देना चाहिए (३) आधुनिक यु...
- (१) मानवत्व की सबसे उत्कृष्ट विभूति क्या है?...? (२) दाम्पत्य सुख का सच्चा आधार क्या है? (३) धन्य एवं सफल रहस्य किसे कहा जा सकता है? (४) विवाह योग सा...
- (१) मास्टर साहब ने प्रश्न किया बताओ सहारा में जल क्यों नहीं मिलता और अफ्रीका में अमोजन नदी जितना पानी क्यों है?...? छात्र ने उत्तर दिया सहारा रेगिस्तान है अफ्रीका में घने जंगल हैं। अध्यापक ने समझाते हुये कहा-अफ्रीका ...
- (१) मित्रों की संख्या बढ़ाने का सर्वोत्तम उपाय कौन सा है?...? (२) मनुष्य का वास्तविक बड़प्पन किसमें है? (३) कटु व्यवहार की कैसी प्रतिक्रिया होती है? (४) मनुष्यता ...
- (१) मृतक भोज के कारण एवं प्रयोजन पर प्रकाश डालिये?...? (२) भारतीय आदर्श क्या रहा है? (३) हराम खोरी से क्या हानि है? (४) आत्मा की सद्गति कैसे होती है? (५) म...
- (१) युग की अशान्ति, आशंका एवं असन्तोष का मूल कारण क्या है?...? (२) वर्तमान नाटकीय वातावरण को स्वर्गीय सुषमा में कैसे बदला जा सकता है? (३) मानवीय सुख-शान्ति बढ़ाने क...
- (१) रचनात्मक कार्यक्रमों का क्या प्रयोजन है?...? (२) युग निर्माण योजना के रचनात्मक कार्य क्या हैं? (३) रचनात्मक कार्यक्रम के अन्तर्गत शिक्षा का प्रसा...
- (१) राष्ट्र में प्रतिवर्ष विवाहों पर कितना खर्च होता है?...? (२) कैसे कह सकते हैं कि हमारी विवेक बुद्धि का दिवाला निकल गया है? (३) श्वास लेने वाले और किसे कहा जा...
- (१) राष्ट्रोद्धार का प्रभावकारी माध्यम क्या हो सकता है राजनीति या धर्म?...? कारण सहित बताइये? (२) गाँधीजी ने स्वतंत्रता संग्राम में धर्म को आधार कैसे बनाया? (३) देश की वर्तमान ...
- (१) वन्य जीव स्वस्थ न निरोग क्यों रहते हैं?...? (२) निरोग रहने के उपाय लिखो-३ उपयुक्त भोजन की परीक्षा कैसे की जाय? (४) हमारा सर्वोत्तम भोजन क्या है?...
- (१) वर्तमान स्त्री जाति को पददलित स्थिति में पहुँचाने का पापी-कार्य किसने किया है?...? (२) पद दलित स्थिति में पड़े रहने के कारण स्त्री जाति की क्या स्थिति हो गई है? (३) इस विपन्न परिस्थिति...
- (१) वह क्या वस्तु है जो धन दौलत की जगह दूसरे को दे सकते है?...? जिससे सन्तोष व पुण्य दोनों प्राप्त हों? (२ )) प्रसन्न रहने के दो आधार है? (३) क्या साधन सम्पन्न और अ...
- (१) विवाह क्या है?...? आजकल विवाह सम्बन्ध किन आधारों पर तय किये जाते हैं? (२) विवाह सम्बन्ध का सच्चा आधार क्या होना चाहिए? ...
- (१) विवाहोत्सव के परम्परा प्राचीन काम में कैसी थी?...? (२) आजकल विवाहोत्सव कमर तोड़ भार क्यों कहा जाता है? (३) हमारे देशवासियों की औसत आय क्या है? (४) विवाह...
- (१) वृक्षारोपण क्यों आवश्यक है?...? (२) वृक्षों के संरक्षण से मानव समाज को क्या लाभ होते हैं। (३) वृक्षों की तुलना सन्तों से क्यों की जात...
- (१) शरीर में बुखार आने पर क्या-क्या लक्षण उत्पन्न होते हैं?...? तथा उससे क्या हानियाँ होती हैं? (२) मस्तिष्क को बुखार आ गया ऐसा हम कब कह सकते हैं।...
- (१) शिक्षा के वास्तविक उद्देश्य कितने व कौन-कौन से हैं?...? (२) प्राचीनकाल में भारत की शिक्षा प्रणाली कैसी थी? (३) सिद्ध कीजिये कि प्रगति का मूल मन्त्र शिक्षा प...
- (१) शिखा तथा यज्ञोपवीत हमारी संस्कृति का प्रतीक है?...? सिद्ध कीजिये पुराने समय के लोगों के आधार पर? (२) प्राचीनकाल में शिक्षा का क्या महत्त्व था? (३) आज कै...
- (१) श्रद्धा और विश्वास किस प्रगति के लिए आवश्यक हैं?...? (२) अन्ध विश्वास की परिभाषा कीजिये? (३) भारतीय जनता का एक बहुत बड़ा भाग अन्ध विश्वास में उलझा हुआ है ...
- (१) संयम का अर्थ समझाते हुए उसके महत्त्व पर प्रकाश डालिये?...? (२) संयम कितने प्रकार का होता है? (३) किसी संयम के प्रकार एवं लाभ बताओ। (४) अपच का मूल कारण क्या है?...
- (१) सज्जनता की परीक्षा कैसे की जाती है?...? (२) कर्मफल के परिणाम में विलम्ब क्यों होता है? (३) मानवीय अन्तःकरण की विकसित चेतना का अनुभव कैसे किय...
- (१) समर्थ होते हुए भी किसी के आगे हाथ पसारने पर हमें क्या-क्या हानियाँ हैं?...? (२) भारत में भिक्षा व्यवसाइयों की संख्या बतलाते हुए इनके भिक्षा माँगने की शैली को बतलाइये? (३) प्राच...
- (१) साहित्य द्वारा होने वाले लोगों पर प्रकाश डालिये?...? (२) अशिक्षितों को अर्ध मनुष्य क्यों कहते हैं? (३) क्यूबा ने अपनी अशिक्षा की समस्या कैसे हल की! (४) स...
- (१) सिद्ध करो नर-नारी भगवान् की दो भुजाएँ हैं?...? (२) क्या नारी भी कर्तव्य तथा अधिकार में पुरुषों के समान नहीं? (३) पति-पत्नी के प्रति वफादार कैसे रह ...
- (१) स्वर्ग क्या है?...? उसका वास्तविक अर्थ बताओ। (२) मुक्ति क्या है? वह कितने प्रकार की होती है? (३) क्या स्वर्ग एवं नरक की ...
- (१) स्वास्थ्य की सुरक्षा के सम्बन्ध में हमें सावधानी बरतना चाहिए?...? (२) बीमारी और कमजोरी से अपनी रक्षा कौन कर पाता हैं? (३) आराम तलबी एक अभिशाप है सिद्ध कीजिये? (४) सार...
- (१) हमारा देश कृषि प्रधान होते हुए की विदेशों से अन्न क्यों मँगाता है?...? (२) खाद्य पदार्थों के उत्पादन की वृद्धि के लिए क्या किया जाना चाहिए? (३) शाक-भाजियों के उत्पादन से क...
- (१) हमारा सीखा जाना और सिखाया जाना किस तरह निरर्थक है?...? (२) हमको अपना महत्त्व समझना था पर हमने किस चीजों का महत्त्व समझा? (३) हम किन चीजों के प्राप्त होने स...
- (१) ‘यज्ञ’ शब्द का व्यापक प्रयोजन ‘गायत्री यज्ञ’ से किस प्रकार जुड़ा है?...? (२) क्या गायत्री और यज्ञ इन दोनों के समन्वय से हो परिपूर्ण मानवता का उद्भव हो सकता है? (३) गायत्री य...
- (१) ‘शारीरिक सामर्थ्य’ बनाये रखना हमें क्यों आवश्यक है?...? (२) अस्वस्थ रहने के कारण हमें क्या हानियाँ हैं? (३) शारीरिक स्वास्थ्य रक्षा के लिये कौन-कौन से कार्य...
- (१) ‘शिक्षा’ का प्रयोजन क्या है?...? (२) यज्ञोपवीत धारण करने का क्या तात्पर्य है? (३) यज्ञोपवीत धारण द्विजत्व की प्रतिज्ञा किस प्रकार है ...
- (१) ‘‘अध्यापक दायित्व केवल शिक्षा देना ही नहीं है’’ इस कथन की पुष्टि करते हुए दर्शाइए कि अध्यापक के प्रमुख कर्तव्य क्या हैं?...? (२) छात्रों के गुण, कर्म, स्वभाव पर विद्यालय का प्रभाव सर्वाधिक क्यों होता है? (३) प्राचीनकाल में शि...
- (१०) अध्यापन कला के आवश्यक तत्त्व बताइए?...? कथाएँ —— (१) महर्षि अश्वलायन को इस बात का बड़ा गौरव था कि उनका पढ़ाया हुआ हर छात्र राष्ट्र का प्रतिभ...
- (१०) अमीरों के रहन-सहन की नकल करना किस प्रकार हानिकारक है?...? कथाएँ —— (१) सरदार वल्लभभाई पटेल विलायत पढ़ने जाना चाहते थे पर तभी उनके भाई की भी इच्छा हो आई कि हम...
- (१०) असफलता का मूल कारण क्या है?...? कथाएँ —— (१) गधे तब जंगल में खूब मौज से रहते थे एक लोमड़ी ने उन्हें बहका दिया-कहा ने सेना बनाली है औ...
- (१०) असफलता का मूल कारण क्या है?...? ज्ञानयोग, कर्मयोग, भक्तियोग की महान साधना आत्मा और परमात्मा को जोड़ देने वाली प्रक्रिया का नाम योग ह...
- (१०) आत्मा परमात्मा में किस प्रकार मिलता है?...? कथाएँ —— (१) इंग्लैण्ड की कामन्स सभी में वाद-विवाद चल रहा था। एक सदस्य ने दूसरे से कहा-महोदय वह दि...
- (१०) आत्मा-परमात्मा में किस प्रकार मिलती है?...? आध्यात्मिक जीवन के पाँच कदम अध्यात्मवादी उज्ज्वल और उत्कृष्ट जीवन की गतिविधियाँ-सामान्य नर पशुओं की...
- (१०) आदर्श जीवन के कौन-कौन से गुण अपनाना अनिवार्य है?...? कथाएँ —— (१) महाराज अम्बरीष पर क्रुद्ध दुर्वासा उन्हें शाप देने की तैयारी करने लगे। क्रोध किसी को ...
- (१०) कर्म भाग्य कब बनता है?...? कथाएँ —— (१) एक युवक को नौकरी के लिए इण्टरव्यू देने २५ तारीख को बुलाया गया। युवक २१ तारीख को चलने को...
- (१०) किस दुश्मन ने हमारी मनोभूमि का ढाँचा ही बदल दिया है?...? कथाएँ —— (१) अकबर के सामने एक मुकदमा आया। एक पक्ष कहता था, जो ईश्वर की शरण में आता है ईश्वर उसी की...
- (१०) क्या अनीति का प्रतिरोध करने से जो हानि होती है उसके डर से हमें अनीति का प्रतिरोध नहीं करना चाहिए?...? कथाएँ —— (१) चार्ल्स डार्विन बीमार थे तो घर वालों ने एक पादरी को बुलाया और उनसे धर्म संस्कार करा द...
- (१०) क्या माँसाहार द्वारा अपने शरीर को सुदृढ़ बना सकते हैं?...? विवाहों के आदर्श ऊँचे रखे जायें विवाह दो आत्माओं का एक पवित्र गठबन्धन एवं वर-वधू का एक-दूसरे के लिए...
- (१०) क्या माँसाहार द्वारा हम अपने शरीर को सुदृढ़ बना सकते हैं?...? कथाएँ —— (१) कन्धे पर लहू लुहान कुत्ते को बैठाये एक व्यक्ति शहर की ओर जा रहे थे। कई मोटर ट्रक वालों...
- (१०) गृहस्थ जीवन का मूल आधार क्या है?...? कथाएँ —— (१) गान्धारी ब्याह कर-आई तब पता चला कि पति धृतराष्ट्र अन्धे हैं। एक बार वरण कर लिया तो फि...
- (१०) गेरुआ वस्त्र पहने स्वामी विवेकानन्द की ओर इशारा करके एक अमेरिकन स्त्री ने एक अमेरिकन से कहा-जरा इन महोदय की पोशाक तो देखो?...? विवेकानन्द ने अँगरेजी में कहा-देवी आपके देश में सभ्यता के उत्पादक दर्जी और सज्जनता की कसौटी कपड़े मान...
- (१०) गौ-दुग्ध और गौ-घृत के सेवन का व्रत क्यों लेना चाहिए?...? अधिकार गौण और कर्तव्य प्रधान माना जाये सुविधाओं का लाभ उठाने और आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए वस्तुओं...
- (१०) चूहों व कीड़ों से अन्न की बरबादी बचाने के लिए क्या किया जाये?...? (११) अन्न संकट को उत्पादन वृद्धि से ही नहीं संरक्षण एवं उपयोग के विवेकपूर्ण तरीकों से भी टाला जा सकन...
- (१०) झोला पुस्तकालय के महत्त्व पर प्रकाश डालिये?...? कथाएँ —— (१) राष्ट्रीय विद्यालय को चलाने के लिये योग्य संचालन की नियुक्ति के बारे में टेढ़ी बात यह ...
- (१०) धर्म के सच्चे स्वरूप पर प्रकाश डालिए?...? प्रश्न —— मअद नेक और ईश्वर भक्त राजकुमार थे। ताजपोशी के समय पुरोहित ने प्रश्न किया-प्रजा का न्याय ...
- (१०) नारी को पुरुषों की अपेक्षा अधिक सुविधाएँ क्यों मिलनी चाहिए?...? (११) विचारशील व्यक्ति का नारी समाज के प्रति क्या कर्तव्य है। ऊँच-नीच की मान्यता अन्यायमूलक है घोड़ा, ...
- (१०) नियमित दिनचर्या किस प्रकार श्रेष्ठ, शक्तिशाली बनाती है?...? कथाएँ —— (१) प्रसिद्ध अमरीकी-उद्योगपति हेनरी फोर्ड जिनके कारखाने में ५ सेकेण्ड में एक फोर्ड कार बन...
- (१०) परिवार के भावनात्मक विकास तथा अनुभव में वृद्धि के लिए क्या करें?...? कथाएँ —— (१) एक गृहस्थ एक साधु के पास गया और बोला-महात्मन् मैं दिन रात कमाई करता हूँ धन की कमी नही...
- (१०) पशुबलि का समर्थन कौन करता है?...? प्रश्न —— (१) भगवान् बुद्ध जेतवन में ठहरे थे। कुछ लोग एक पशु को बाँधकर उसकी बलि देने जा रहे थे। बु...
- (१०) पशुबलि का समर्थन कौन करता है?...? प्राणियों के प्रति निर्मम और निष्ठुर न बनें भगवान का एकमात्र पुत्र मनुष्य ही नहीं, दूसरे जीव-जन्तु ...
- (१०) पार्टियाँ अपना गौरव क्यों खो चुकी हैं?...? कथाएँ —— (१) एक बार वन्य पशुओं ने प्रजातंत्र की स्थापना की। चुनावों भी घोषणा हुई। बाकायदा सिंह दल,...
- (१०) पार्टियाँ अपना गौरव क्यों खो चुकी हैं?...? प्रबुद्ध नारी—महिला जागरण की कमान सँभालें किसी को गिराने का पाप तो कोई दूसरा भी कर सकता है पर उठाने...
- (१०) फुरसत न मिलने का बहाना बे बुनियाद कैसे है?...? सिद्ध करें। कथाएँ —— (१) त्रिचनापल्ली के एक विद्यालय में प्रवेश के लिये छात्रों की परीक्षा ली गई। ए...
- (१०) भगवान की इच्छापूर्ति का साहस कैसे किया जाता है?...? (१) एक मनुष्य को पढ़ लिख कर अपनी शिक्षा का घमंड हो गया। वह घर वालों पर रौब जमाया करता मैं बड़ा ज्ञान...
- (१०) भगवान् बुद्ध उपदेश देकर उठे तो एक परिव्राजक ने पूछा-भगवन् आपके उपदेशों पर थोड़े लोग चलते है फिर भी आप कभी निराश क्यों नहीं होते?...? तथागत ने उत्तर दिया-सफलता और यश की कामना करने वाला कभी महान कार्य नहीं कर सकता। महान कार्य सदैव निष्...
- (१०) मिलावट से क्या हानि है?...? कथाएँ —— (१) बात बंगाल के कुमिल्ला जिले की है। एक अतिथि के स्वागत में मेजबानों ने तरह-तरह के मिष्ठ...
- (१०) युग-निर्माण योजना के उद्देश्यों की पूर्ति में बड़ी सहायता किस प्रकार मिल सकती है?...? ज्ञान-यज्ञ का प्रकाश घर-घर पहुँचाया जाये कहना न होगा कि मनुष्य की महानता और निकृष्टता उसकी मनः स्थि...
- (१०) रात्रि पाठशालाओं की आवश्यकता क्यों है?...? कथाएँ —— (१) गाँधी जी से एक व्यक्ति ने पूछा-आप बुनियादी शिक्षा पर इतना जोर क्यों देते हैं। गाँधी ज...
- (१०) रात्रि पाठशालाओं की आवश्यकता क्यों हैं?...? कला लोकरंजन ही नहीं, भावनाओं का परिष्कार भी करे भावनाओं के विकास और परिष्कार में कला का अति महत्त्व...
- (१०) विवाहोत्सव की योजना के सही आधार क्या है?...?...
- (१०) विवाहोत्सव की योजना के सही आधार क्या हैं?...? कथाएँ —— (१) दिल्ली की अदालत में एक गबन की केस आया। बयान के समय लोग आश्चर्य चकित रह गये जब अभियुक्...
- (१०) वृक्ष हमारी खाद्य समस्या को हल करने में कैसे सहायक होते हैं?...? तुलसी हमारे हर घर में शोभायमान रहेप्राचीनकाल में यह प्रथा में तुलसी की उपयोगिता से नित्य प्रति लाभ ...
- (१०) संघर्ष की बहुमुखी प्रचण्ड-प्रक्रिया से क्या समझते हो?...? आज के व्यक्ति के सामने उलझनें और जिज्ञासाएँ उपस्थित हैं। उन समस्त ज्वलन्त प्रश्नों के उचित समाधान प...
- (१०) सबसे कल्याण का राज मन्त्र क्या है?...? कथाएँ —— (१) पड़ोस की एक स्त्री नैपोलियन से बहुत छेड़-छाड़ करती, पर नेपोलियन उसकी ओर ध्यान न देकर अप...
- (१०) समाज के सदस्य किस प्रकार समाज के लिए हानि पहुँचाते हैं?...? कथाएँ —— (१) तब रतलाम के शासक श्री सज्जन सिंह थे। किसी अपराध में श्री श्रीनिवास शास्त्री को सिपाहि...
- (१०) समृद्ध एवं समुन्नत बनने का रहस्य क्या है?...? कथाएँ —— (१) स्वामी सत्यदेव परिव्राजक अमरीका के सिपेटेल नगर में घूम रहे थे। एक लड़का अख़बार बेच रहा...
- (१०) सरकार, जनता तथा पूँजीपति इसमें कहाँ तक सहयोग दे सकते हैं?...? अन्न संकट की चुनौती का सामना कैसे करें? जनसंख्या की वृद्धि और तम्बाकू जैसी हानिकारक फसलों से बहुत ज...
- (१०) सहकारिता और सद्भावना का क्षेत्र कैसे बढ़े?...? (११) तत्त्वदर्शन-क्षेत्र में परिष्कार विरोधी मान्यताओं का समीकरण कैसे किया जाए? (१२) राजतंत्र और धर्...
- (१०) सादगी सज्जनता का प्रतिनिधित्व करती है सिद्ध कीजिये?...? कथाएँ —— (१) श्री लाल बहादुर शास्त्री उन दिनों उत्तर प्रदेश में गृह मंत्री थे। एक दिन वे ऑफिस में ...
- (१०) स्वाध्याय को नित्य कर्म क्यों मानना चाहिए?...? कथाएँ —— (१) एक बच्चे को देश का बड़ा भारी नेता बनने की इच्छा थी पर कैसे बना जाये? यह बात समझ में नह...
- (१०) स्वाध्याय को नित्यकर्म क्यों मानना चाहिए?...? अपना महान महत्त्व समझें और अपने को सुधारें हमें दुनियादारी का बहुत ज्ञान है पर अपने सम्बन्ध में एक ...
- (१०) स्वास्थ्य रक्षा के लिये हमें मानसिक रूप से क्या प्रयत्न करना चाहिए?...? कथाएँ —— (१) बापू ने अपनी सारी सम्पत्ति सार्वजनिक उपयोग के लिये दान कर दी। इन्हीं दिनों गोर्की की ...
- (१०) हमारा जीवन किस प्रकार का हो?...? कथाएँ —— (१) प्रसिद्ध प्राकृतिक चिकित्सक डॉ० जैफर्सन से एक आदमी ने पूछा-तमाम रोगों की एक औषधि क्या...
- (१०) हरित क्रान्ति से क्या समझते हो?...? (११) कम खर्च में थोड़ी भूमि में कौन सा उद्योग पनप सकता है? कथाएँ —— (१) स्वामी विवेकानन्द आहार में शा...
- (१०) हरित-क्रान्ति से क्या समझते हो?...? (११) कम खर्च में थोड़ी भूमि में कौन-कौन उपाय पनप सकता है? वृक्षारोपण और संवर्धन—एक अति आवश्यक कार्य म...
- (१०) हिन्दू समाज के संगठित न होने का प्रमुख कारण क्या है?...? बाल-विवाह—एक अति घातक कुप्रथा अपने देश में बाल-विवाहों का प्रचलन बहुत है। पिछड़े वर्गों में, छोटे दे...
- (१०) हिन्दू समाज के संगठित न होने के प्रमुख कारण क्या है?...? कथाएँ —— (१) विश्व भारती महिला कॉलेज श्री नगर के प्राध्यापक श्री माखनलाल खरे और गुजरात की नेत्रहीन...
- (१०) ‘भवबन्धन’ की मान्यता कहाँ तक सही है?...? (११) जन्म-मरण क्या है? (१२) सबसे बड़ी दुर्बलता कौन-सी है? कथाएँ —— (१) साधु कह रहे थे यह संसार मिथ्य...
- (१०) ‘‘सभी धर्मों ने नशेबाजी की निन्दा की है’’ सिद्ध कीजिये?...? तंबाकू का सेवन अप्राकृतिक है? कथाएँ —— (१) एक महात्मा ने जागीरदार को शराब न पीने का उपदेश दिया। जाग...
- (११) कम खर्च में थोड़ी भूमि में कौन सा उद्योग पनप सकता है?...? कथाएँ —— (१) स्वामी विवेकानन्द आहार में शाक-भाजी अधिक लेने की बात कहते।...
- (११) कम खर्च में थोड़ी भूमि में कौन-कौन उपाय पनप सकता है?...? वृक्षारोपण और संवर्धन—एक अति आवश्यक कार्य मनुष्य के जीवन धारण और उत्कर्ष में जिन अन्य जीवधारियों का...
- (११) जन्म-मरण क्या है?...? (१२) सबसे बड़ी दुर्बलता कौन-सी है? कथाएँ —— (१) साधु कह रहे थे यह संसार मिथ्या है, स्त्री, पुत्री छो...
- (११) तत्त्वदर्शन-क्षेत्र में परिष्कार विरोधी मान्यताओं का समीकरण कैसे किया जाए?...? (१२) राजतंत्र और धर्मतंत्र की उभयपक्षीय समर्थ शक्तियों को किस प्रकार नये युग के अनुरूप साँचे में ढाल...
- (१२) राजतंत्र और धर्मतंत्र की उभयपक्षीय समर्थ शक्तियों को किस प्रकार नये युग के अनुरूप साँचे में ढाला जाए?...? यह कुछ थोड़े से विषयों की ही चर्चा है। इन्हीं विषयों में से प्रत्येक की अनेक शाखाएँ-प्रशाखाएँ हैं और...
- (१२) सबसे बड़ी दुर्बलता कौन-सी है?...? कथाएँ —— (१) साधु कह रहे थे यह संसार मिथ्या है, स्त्री, पुत्री छोड़ कर आत्म कल्याण की बात सोचनी चाह...
- (२ )) प्रसन्न रहने के दो आधार है?...? (३) क्या साधन सम्पन्न और अमीर ही केवल प्रसन्न रहते हैं? यदि नहीं तो समझायें? (४) व्यक्ति अपने को यदि...
- (२) अनीति को रोकने के लिए कठोर कदम उठाना क्यों आवश्यक है?...? (३) समाज की वर्तमान स्थिति में किसी भी व्यक्ति पर सहज ही विश्वास करना खतरे से खाली नहीं है, इस वाक्य...
- (२) अन्ध विश्वास की परिभाषा कीजिये?...? (३) भारतीय जनता का एक बहुत बड़ा भाग अन्ध विश्वास में उलझा हुआ है क्या कारण है? (४) हम जिन्हें भूत-प्र...
- (२) अन्ध-विश्वास की परिभाषा दीजिए?...? (३) भारतीय जनता का एक बहुत बड़ा भाग अन्ध-विश्वास में जकड़ा हुआ है क्या कारण है? (४) हम जिन्हें भूत-प्र...
- (२) अपने समाज में नारी जाति की स्थिति कैसी है?...? तथा इससे क्या हानियाँ हैं? (३) पर्दा प्रथा कहाँ से प्रारम्भ हुई? तथा उसके प्रचलित होने के कारण क्या ...
- (२) अब पैसे को जेवरों के रूप में बदलना हानिकारक क्यों है?...? (३) वर्तमान समय में भी यदि जेवरों का प्रचलन रहा तो हमारे देश को किस तरह हानि उठानी पड़ेगी? (४) स्वास्...
- (२) अभिभावक अपनी सन्तान का पालन-पोषण किस प्रकार करें कि वह विलासी, चटोरी, एवं अहंकारी न बने?...? (३) अपने देश में विदेशों की अपेक्षा दो जिम्मेदारियाँ और क्या बढ़ जाती हैं? (४) सन्तान के पालन-पोषण के ...
- (२) अशिक्षितों को अर्ध मनुष्य क्यों कहते हैं?...? (३) क्यूबा ने अपनी अशिक्षा की समस्या कैसे हल की! (४) सिद्ध कीजिये कि ‘‘भारत में साक्षरता की प्रगति ब...
- (२) अस्वस्थ रहने के कारण हमें क्या हानियाँ हैं?...? (३) शारीरिक स्वास्थ्य रक्षा के लिये कौन-कौन से कार्य हमें करना चाहिए? (४) आहार के क्या नियम हमें पाल...
- (२) आज के समाज में हम क्यों देख रहे हैं कि अत्याचार अनीति आदि करने वाले काफी साहस से यह कार्य करते जा रहे हैं?...? (३) जो मनुष्य अनीति का प्रतिरोध नहीं कर सकता क्या वह मनुष्य कहलाने के काबिल है? (४) हमें मनुष्यता के...
- (२) आजकल कला का दुरुपयोग अधिक हो रहा है, सदुपयोग क्यों नहीं कारण सहित समझाएँ?...? (३) प्राचीनकाल में कला का उपयोग किस लिए किया जाता था? (४) किन कला प्रयासों को सार्थक कहा जा सकता है?...
- (२) आजकल परिवार नियोजन कर सन्तान की संख्या कम करने की क्यों आवश्यकता है?...? (३) आज के बालक समाज के लिए समस्या क्यों बनते जा रहे हैं? (४) अपने देश में स्त्रियों के निरन्तर गिरने...
- (२) आजकल पैसा का दुरुपयोग अधिक हो रहा है सदुपयोग क्यों नहीं?...? कारण सहित समझाइए? प्राचीनकाल में कला का उपयोग किसलिए किया जाता था? (४) किन कला प्रयासों को सार्थक कह...
- (२) आजकल लड़कियों को शिक्षा दिलवाना क्यों आवश्यक है?...? (३) आज का युवक अपनी पत्नी को किस प्रकार धोखा दे सकता है।...
- (२) आजकल लड़कियों को शिक्षा दिलाना क्यों आवश्यक हैं?...? (३) आज का युवक अपनी पत्नी को किस प्रकार धोखा दे सकता है तथा इसका कारण क्या है? (४) महँगाई के इस जमान...
- (२) आजकल विवाहोत्सव कमर तोड़ भार क्यों कहा जाता है?...? (३) हमारे देशवासियों की औसत आय क्या है? (४) विवाहोन्माद से दोनों पक्षों को कैसे हानि होती हैं? (५) व...
- (२) आजकल विवाहोत्सव को कमरतोड़ भार क्यों कहा जाता है?...? (३) हमारे देशवासियों की औसत आय क्या है? (४) विवाहोन्माद से दोनों पक्षों को कैसे हानि होती है? (५) वि...
- (२) आर्थिक कठिनाई की समस्या को हल करने के लिए क्या करना होगा?...? (३) जापान के आधार पर समझायें कि उन्नति किस प्रकार की जा सकती है? (४) जापान की तरह नीति अपनाने पर हमे...
- (२) आस्तिकता से क्या तात्पर्य होता है?...? (३) आस्तिक मनुष्य समाज को किस तरह लाभ पहुँचाता है? (४) मन्दिरों के निर्माण में इतनी अधिक धन सम्पत्ति...
- (२) आस्तिकता से क्या तात्पर्य होता है?...? (३) आस्तिक मनुष्य समाज को किस तरह लाभ पहुँचाता है? (४) मन्दिरों के निर्माण में इतनी अधिक धन-सम्पत्ति...
- (२) उत्पादन में उचित अंश श्रम जीवी को देना क्यों आवश्यक है?...? (३) कर्तव्य की उपेक्षा क्यों नहीं की जानी चाहिए? (४) मनुष्यता एवं देश भक्ति का सहज प्रमाण क्या है? (...
- (२) एक बार पत्रकारों की घिरी भीड़ में गाँधीजी से एक विदेशी पत्रकार ने पूछा-आपको विश्वास है कि मृत्यु के बाद आप स्वर्ग जायेंगे?...? गाँधीजी मुस्कराए और बोले-मालूम नहीं स्वर्ग जाऊँगा या नरक, पर जहाँ भी जाऊँगा आप लोग वहाँ अवश्य होंगे।...
- (२) एक सन्त के पास जाकर एक जिज्ञासु ने कहा-महात्मन् बुरे विचार मेरा पीछा ही नहीं छोड़ते?...? कोई उपाय बताइए? साधु बोला-अपनी स्त्री से जाकर पूछो। वह मनुष्य घर लौटा तो देखा स्त्री गोबर से घर की ल...
- (२) कर्मफल के परिणाम में विलम्ब क्यों होता है?...? (३) मानवीय अन्तःकरण की विकसित चेतना का अनुभव कैसे किया जाता है? (४) मनुष्य का आत्मिक स्तर विकसित होन...
- (२) कलकत्ता के एक अँगरेज जस्टिस की कन्या श्री सुरेन्द्रनाथ बनर्जी के घर पहुँची और उन्हें ईसाई धर्म की छोटी-छोटी पुस्तकें भेंट करती हुई बोली इनमें बड़ा ज्ञान भरा है आप इन्हें अवश्य पढ़े?...? श्री बनर्जी ने पूछा-मैंने सुना है आप यह पुस्तकें लेकर साधारण घरों में भी जाकर लोगों को पढ़ाती हैं इसम...
- (२) कैसे कह सकते हैं कि हमारी विवेक बुद्धि का दिवाला निकल गया है?...? (३) श्वास लेने वाले और किसे कहा जा सकता है? (४) आदर्श विवाह किसे कहते हैं? (५) सत्याग्रही स्वयं सेवक...
- (२) कैसे कह सकते हैं कि हमारी विवेक बुद्धि का दिवाला निकल गया है?...? (३) श्वास लेने वाले किसे कहा जा सकता है? (४) आदर्श विवाह किसे कहते हैं? (५) सत्याग्रही स्वयं सेवक से...
- (२) क्या गायत्री और यज्ञ इन दोनों के समन्वय से ही परिपूर्ण मानवता का उद्भव हो सकता है?...? (३) गायत्री यज्ञ आन्दोलन किस तरह से पुराने और वर्तमान समय के यज्ञों में समानता ला रहा है? (४) यज्ञ क...
- (२) क्या गायत्री और यज्ञ इन दोनों के समन्वय से हो परिपूर्ण मानवता का उद्भव हो सकता है?...? (३) गायत्री यज्ञ आन्दोलन किस तरह से पुराने और वर्तमान समय के यज्ञों में समानता ला रहा है? (४) यज्ञ क...
- (२) क्या नारी कर्तव्य और अधिकार में पुरुषों के समान नहीं?...? (३) पति-पत्नी के प्रति वफादार कैसे रह सकता है? (४) हिमालय के जानसर बावर की प्रथा का वर्णन करो, उपयोग...
- (२) क्या नारी भी कर्तव्य तथा अधिकार में पुरुषों के समान नहीं?...? (३) पति-पत्नी के प्रति वफादार कैसे रह सकता है? (४) हिमालय के जानसर बाबर की प्रथा का वर्णन करो उपयोगि...
- (२) क्या भय की निरर्थक कल्पना करके मनुष्य अपना अहित कर रहा है?...? (३) अवरोध हमें किस प्रकार सज्जन बनाते हैं (४) प्रतिकूलता को अनुकूलता, निर्धनता को सम्पन्नता में बदलन...
- (२) खाद्य पदार्थों के उत्पादन की वृद्धि के लिए क्या किया जाना चाहिए?...? (३) शाक-भाजियों के उत्पादन से क्या लाभ होगा? (४) अन्न के अपव्यय को रोकने के लिए क्या किया जाना चाहिए...
- (२) खाद्य पदार्थों के उत्पादन की वृद्धि के लिए क्या किया जाना चाहिए?...? (३) शाक-भाजियों के उत्पादन से क्या लाभ होगा? (४) अन्न के अपव्यय को रोकने के लिए क्या किया जाना चाहिए...
- (२) खाद्य समस्या को हल करने में प्रत्येक परिवार क्या योगदान दे सकता है?...? (३) शाकों का उपयोग अन्न से अधिक गुणकारी क्यों हैं? (४) सरलता से उगने वाले कंद, मूल, फलों के नाम बताओ...
- (२) खाद्य समस्याओं को हल करने में प्रत्येक परिवार क्या योगदान दे सकता है?...? (३) शाकों का उपयोग अन्न से अधिक गुणकारी क्यों है? (४) सरलता से उगने वाले कंद, मूल, फलों के नाम बताइय...
- (२) गाँधी जी ने स्वतंत्रता संग्राम में धर्म को आधार कैसे बनाया?...? (३) देश की वर्तमान प्रमुख समस्याओं पर प्रकाश डालिए (४) क्या राष्ट्र में विचार-क्रान्ति की आवश्यकता है...
- (२) गाँधीजी ने स्वतंत्रता संग्राम में धर्म को आधार कैसे बनाया?...? (३) देश की वर्तमान प्रमुख समस्याओं पर प्रकाश डालिये? (४) क्या राष्ट्र में विचार क्रान्ति की आवश्यकता ...
- (२) गाय का दूध सर्वश्रेष्ठ क्यों माना जाता है?...? (३) सिद्ध कीजिए कि गौ-रस सर्वांगपूर्ण परिपुष्ट आहार है? (४) गौ-रस सर्वांगपूर्ण परिपुष्ट आहार है? (५)...
- (२) छात्रों के गुण, कर्म, स्वभाव पर विद्यालय का प्रभाव सर्वाधिक क्यों होता है?...? (३) प्राचीनकाल में शिक्षा पद्धति किन लोगों के हाथ में थी उससे क्या लाभ हुआ? (४) शिक्षक को राष्ट्र नि...
- (२) छात्रों के गुण, कर्म, स्वभाव पर विद्यालय का प्रभाव सर्वाधिक क्यों होता है?...? (३) प्राचीनकाल में शिक्षा पद्धति किन लोगों के हाथ में थी? उससे क्या लाभ हुआ? (४) शिक्षक को राष्ट्र न...
- (२) जार्ज बर्नाड शा के शब्दों में माँस खाना अपराध क्यों है?...? (३) मानव प्राणी की सबसे बड़ी विशेषता क्या है? (४) सिद्ध कीजिये माँसाहार मानव की प्रकृति के विरुद्ध है...
- (२) तंबाकू में कौन २ से विष होते हैं?...? (३) तंबाकू के सेवन से कौन-कौन से रोग होते हैं? (४) तंबाकू स्वास्थ्य के लिए हानि क्या करता है? (५) तं...
- (२) तुलसी के सेवन से क्या लाभ है?...? (३) हर घर में तुलसी का पौधा क्यों होना चाहिए? (४) तुलसी को औषधि के रूप में कैसे प्रयोग किया जा सकता ...
- (२) तुलसीदल के सेवन से क्या लाभ होता है?...? (३) हर घर में तुलसी का पौधा क्यों होना चाहिए? (४) तुलसी को औषधि के रूप में कैसे प्रयोग किया जा सकता ...
- (२) दहेज की प्रथा नले अभिभावकों को बेईमान बना दिया है क्यों?...? (३) विवाह की कुरीतियों पर प्रकाश डालें तथा उनसे होने वाली हानियाँ दर्शाइए? (४) समय की पुकार क्या है?...
- (२) दहेज की प्रथा ने अभिभावक को बेईमान बना दिया है क्यों?...? (३) विवाह की कुरीतियों पर प्रकाश डालें तथा उनसे होने वाली हानियाँ दर्शाइए? (४) समय की पुकार क्या है?...
- (२) दाम्पत्य सुख का सच्चा आधार क्या है?...? (३) धन्य एवं सफल रहस्य किसे कहा जा सकता है? (४) विवाह योग साधना कैसे है? (५) सन्तान का सद्गुणी होना ...
- (२) दूसरों की सुविधा का ध्यान रखने से क्या लाभ होता है?...? (३) घर मुहल्ले एवं नगर में सफाई रखने के लिये क्या किया जाय? (४) नागरिकता किसे कहते हैं? सार्वजनिक स्...
- (२) देव-पूजन के समय उनके स्वागत सम्मान के लिए वस्तुओं का उपयोग किया जाना चाहिए?...? (३) बलिदान की प्रचलित प्रथा किस प्रकार अनुपयुक्त है? (४) यदि यह मान लिया जाये कि देवता पशुबलि से प्र...
- (२) देवपूजन के समय उनके स्वागत सम्मान के लिए किन वस्तुओं का उपयोग किया जाना चाहिए?...? (३) बलिदान की प्रचलित प्रथा किस प्रकार अनुपयुक्त है? (४) यदि यह मान लिया जाय कि देवता पशुबलि से प्रस...
- (२) धर्म अध्यात्म और दर्शन का क्या प्रयोजन है?...? (३) घोड़े, गधे तथा अन्य सवारी में काम आने वाले तथा वजन ढोने वाले पशुओं से हमें किस प्रकार का व्यवहार ...
- (२) धर्म अध्यात्म और दर्शन का प्रयोजन क्या है?...? (३) घोड़े, गधे तथा अन्य सवारी में काम आने वाले तथा वजन ढोने वाले पशुओं से हमें किस प्रकार का व्यवहार ...
- (२) धर्म जीवियों के कर्तव्य क्या हैं?...? (३) प्राचीनकाल के साधु-ब्राह्मणों की आज के साधु-ब्राह्मणों से तुलना करो? (४) लोक-अनुदान का अधिकार कि...
- (२) धर्मजीवियों के कर्तव्य क्या हैं?...? (३) प्राचीनकाल के साधु-ब्राह्मणों की आज के साधु-ब्राह्मणों से तुलना करो? (४) लोक-अनुदान का अधिकार कि...
- (२) निरोग रहने के उपाय लिखो-३ उपयुक्त भोजन की परीक्षा कैसे की जाय?...? (४) हमारा सर्वोत्तम भोजन क्या है? (५) आहार में सबसे हानिकारक वस्तु क्या होती है? (६) तले व भुने पदार...
- (२) नौशेखाँ ने एक वृद्ध से पूछा-आपकी आयु क्या होगी?...? ‘‘पाँच वर्ष’’ वृद्ध ने उत्तर दिया। नौशेखाँ ने समझा बूढ़े को मजाक सुझ रही है सो उसने थोड़ा नाराज होकर ...
- (२) पद दलित स्थिति में पड़े रहने के कारण स्त्री जाति की क्या स्थिति हो गई है?...? (३) इस विपन्न परिस्थिति में स्त्री को निकालने के लिए क्या प्रयत्न होना चाहिए? (४) इस स्थिति से नारी ...
- (२) पद-दलित स्थिति में पापी कार्य किसने किया है?...? (३) इस विपन्न परिस्थितियों से स्त्री जाति को निकालने के लिए क्या प्रयत्न होने चाहिए? (४) इस स्थिति स...
- (२) परामर्श के लिए सबसे अधिक महत्त्व का व्यक्ति कौन है?...? (३) निश्चित कार्य को आरम्भ करने का सबसे महत्त्वपूर्ण समय कौन-सा है? इसका उत्तर जानने के लिए राजा ने ...
- (२) पहले शादियों पर अपव्यय होने के क्या कारण थे?...? (३) अब अपव्यय करने पर समाज हमसे किस प्रकार का बर्ताव करता है? (४) विवाहोन्माद में होने वाले इस सारे ...
- (२) पहले शादियों पर अपव्यय होने के क्या कारण थे?...? (३) अब अपव्यय करने पर समाज हमसे किस प्रकार बरताव करता है? (४) विवाहोन्माद में होने वाले इस सारे अपव्...
- (२) पुरुषार्थ के असफल होने पर क्या हानि है तथा तब भाग्यवाद से क्या लाभ है?...? (३) भाग्यवाद किस प्रकार व्यक्ति को अकर्मण्य बना देता है? (४) भाग्यवाद का प्रचारक कौन था तथा उसका कार...
- (२) पैसा खर्च करने में किन-किन गुणों का होना अनिवार्य है?...? (३) उन गुणों के न होने से क्या हानियाँ होती हैं? (४) किसी व्यक्ति की बुद्धिमत्ता किस बात पर परखी जा ...
- (२) प्रत्येक पर्व की विशेषता एवं महत्त्व पर प्रकाश डालिये?...? (३) प्रमुख १० संस्कारों के नाम बताइये? (४) प्रत्येक संस्कार की उपादेयता पर प्रकाश डालिए? (५) पर्व और...
- (२) प्रशंसा द्वारा किस प्रकार लोगों को अच्छे या गलत मार्ग पर चलाया जा सकता है?...? (३) बुरे लोगों की प्रशंसा से क्या होता है? (४) समाज सुधार के लिये क्या किया जाये (५) बुरे लोगों की प...
- (२) प्राचीनकाल में भारत की शिक्षा प्रणाली कैसी थी?...? (३) सिद्ध कीजिये कि प्रगति का मूल मन्त्र शिक्षा पद्धति है? (४) वर्तमान शिक्षा प्रणाली के दोष बताइये?...
- (२) प्राचीनकाल में भारत की शिक्षा प्रणाली कैसी थी?...? (३) सिद्ध कीजिए कि प्रगति का मूल मन्त्र शिक्षा पद्धति है? (४) वर्तमान शिक्षा प्रणाली के दोष बताइये? ...
- (२) प्राचीनकाल में शिक्षा का क्या महत्त्व था?...? (३) आज कैसा व्यवहार हो रहा है शिक्षा तथा यज्ञोपवीत कैसा था हमारे यहाँ? (४) शिखा संरक्षण का वैज्ञानिक...
- (२) प्राचीनकाल में शिखा का क्या महत्त्व था?...? (३) आज कैसा व्यवहार हो रहा है, शिखा और यज्ञोपवीत कैसा था हमारे यहाँ? (४) शिखा संरक्षण का वैज्ञानिक म...
- (२) प्राचीनकाल में समाज को कितने वर्ग में बाँटा गया था व क्यों?...? (३) ऊँच-नीच का आधार गुण होना चाहिए या वंश (४) क्या पूर्वजों के कारनामों के कारण उनके वंशजों को ऊँच य...
- (२) फलित ज्योतिष की हानियों पर प्रकाश डालिए?...? (३) विवाह के पूर्व कुण्डली मिलाने से लाभ है या हानि? (४) ग्रह दशा से डरकर जनता को गुमराह करना कहाँ त...
- (२) बच्चों का विकास किन बातों पर निर्भर रहता है?...? (३) शिशु निर्माण के सम्बन्ध में रहस्य की बात क्या है? (४) व्यक्ति की सुख शान्ति के लिए किन तत्त्वों ...
- (२) बीमारी और कमजोरी से अपनी रक्षा कौन कर पाता हैं?...? (३) आराम तलबी एक अभिशाप है सिद्ध कीजिये? (४) सार्वजनिक स्वास्थ्य रोज-रोज गिरते जाने के कारण क्या हैं...
- (२) बीमारी किस जगह में अधिक होती है?...? (३) हमें भारतवर्ष में स्नान किस प्रकार करते रहना चाहिए? (४) अपने दाँतों को अधिक टिकाने तथा मुँह में ...
- (२) भारत में भिक्षा व्यवसाइयों की संख्या बतलाते हुए इनके भिक्षा माँगने की शैली को बतलाइये?...? (३) प्राचीन काल के साधुओं की स्थिति को स्पष्ट करें? (४) सारे साधु यदि जीविका उपार्जन के लिये भिक्षा ...
- (२) भारत में भिक्षा व्यवसाइयों की संख्या बतलाते हुए, इनके भिक्षा माँगने की शैली बतलाइए?...? (३) प्राचीनकाल के साधुओं की स्थिति को स्पष्ट कीजिए? (४) सारे साधु यदि जीविका उपार्जन के लिए भिक्षा-व...
- (२) भारतवर्ष में संयुक्त कुटुम्ब प्रणाली क्यों आवश्यक है?...? (३) बड़े परिवारों में सुव्यवस्था कैसी रखी जाये? (४) छोटों के बड़ों के प्रति तथा बड़ों के छोटों के प्र...
- (२) भारतीय आदर्श क्या रहा है?...? (३) हराम खोरी से क्या हानि है? (४) आत्मा की सद्गति कैसे होती है? (५) मृत्यु टैक्स क्यों लगाया जाता ह...
- (२) भारतीय आदर्श क्या रहा है?...? (३) हरामखोरी से क्या हानि है? (४) आत्मा की सद्गति कैसे होती है? (५) मृत्यु टैक्स क्यों लगाया जाता है...
- (२) मनुष्य का वास्तविक बड़प्पन किसमें है?...? (३) कटु व्यवहार की कैसी प्रतिक्रिया होती है? (४) मनुष्यता का सच्चा स्वरूप किसमें है? (५) संभाषण में ...
- (२) मनुष्य किस तरह सामाजिक प्राणी है?...? (३) सामाजिक जीवन जीने के लिये मनुष्य को क्या करना चाहिए? (४) समाज के कई ऋण हमारे पर हैं इसे चुकाने ...
- (२) मनुष्य की प्रगति किन गुणों पर अवलम्बित है तथा दुर्गुणी व्यक्ति किस प्रकार भिन्न कहे जा सकते हैं?...? (३) उठती आयु में हमें सद्गुणों के साथ-साथ और किन-किन गुणों को हस्तगत करना चाहिए? (४) सद्गुण और अन्य ...
- (२) मनुष्य की प्रगति किन गुणों पर अवलम्बित है?...? दुर्गुणी व्यक्ति तथा सद्गुणी व्यक्ति किस प्रकार भिन्न कहे जा सकते हैं? (३) उठती आयु में हमें सद्गुणो...
- (२) मनुष्य जीवन की स्थिरता एवं प्रगति का आधार क्या है?...? तथा उसको भुला देने से क्या हानियाँ हो सकती हैं। (३) अपने ही शरीर के प्रति हमारी कर्तव्य परायणता को ह...
- (२) मनुष्य में विचारों एवं आकांक्षाओं का सृजन कैसे होता है?...? (३) मानवीय विकास की आधारभूत आवश्यकता क्या है? (४) प्राचीनकाल में छात्रों को ऋषिकुल में क्यों भेजा जा...
- (२) मनुष्य में विचारों एवं आकांक्षाओं का सृजन कैसे होता है?...? (३) मानवीय विकास की आधारभूत आवश्यकता क्या है? (४) प्राचीनकाल में छात्रों को ऋषिकुल में क्यों भेजा जा...
- (२) मनुष्य शरीर पाकर जो काम हमें करने चाहिए वे हम किस कारण नहीं कर पा रहे हैं?...? (३) माया किसे कहते हैं? तथा ‘माया’ के चंगुल में फँसा व्यक्ति किस प्रकार व्यतीत करता है? (५) जीवन मिल...
- (२) मनुष्य शरीर पाकर जो काम हमें करने चाहिए वे हम किस प्रकार नहीं कर पा रहे हैं?...? (३) माया किसे कहते हैं तथा माया के चंगुल में फँसा व्यक्ति किस प्रकार विनष्ट हो जाता है? (४) मानव अपन...
- (२) महात्मा आनन्द स्वामी से एक जिज्ञासु ने प्रश्न किया महात्मन् आप कहते हैं सूर्य चेतन है इसका क्या प्रमाण?...? गायत्री उपासना से आत्म विकास किस प्रकार होता है। प्रमाण? आनन्द स्वामी बोले सूर्य के न रहने अर्थात् रा...
- (२) मुक्ति क्या है?...? वह कितने प्रकार की होती है? (३) क्या स्वर्ग एवं नरक की मान्यतायें सही है? (४) सूक्ष्म व स्थूल शरीर म...
- (२) यज्ञोपवीत धारण करने का क्या तात्पर्य है?...? (३) यज्ञोपवीत धारण द्विजत्व की प्रतिज्ञा किस प्रकार है (४) यज्ञोपवीत संस्कार न करवाने का कारण क्या ह...
- (२) यज्ञोपवीत धारण करने का क्या तात्पर्य है?...? (३) यज्ञोपवीत धारण द्विजत्व की प्रतिज्ञा किस प्रकार है? (४) यज्ञोपवीत संस्कार न कराने का कारण क्या ह...
- (२) यज्ञोपवीत, चोटी और तुलसी में से आप सबसे अधिक किसे महत्त्व देते हैं एक व्यक्ति ने मदन मोहन मालवीय से प्रश्न किया-मालवीय जी बोले-यह तो ऐसे ही हुआ जैसे कोई कहे तीन चाँदी के रुपयों में कौन रुपया अच्छा है?...? तीनों ही अच्छे हैं पर यह समझता हूँ कि यदि तुलसी को महत्त्व दिया जाये तो शेष दी की महत्ता को लोग अपने...
- (२) युग निर्माण योजना के रचनात्मक कार्य क्या हैं?...? (३) रचनात्मक कार्यक्रम के अन्तर्गत शिक्षा का प्रसार एवं फैलाव किस तरह किया जाना चाहिए? (४) कुटीर उद्...
- (२) युग-निर्माण योजना के रचनात्मक कार्य क्या है?...? (३) रचनात्मक कार्यक्रम के अन्तर्गत शिक्षा का प्रसार एवं फैलाव किस तरह किया जाना चाहिए? (४) कुटीर उद्...
- (२) वर्तमान नाटकीय वातावरण को स्वर्गीय सुषमा में कैसे बदला जा सकता है?...? (३) मानवीय सुख-शान्ति बढ़ाने के लिये आजकल क्या किया जाता है? वास्तव में क्या किया जाना चाहिए? (४) सद...
- (२) वर्तमान नारकीय वातावरण को स्वर्गीय सुषमा में कैसे बदला जा सकता है?...? (३) मानवीय सुख-शान्ति बढ़ाने के लिए आजकल क्या किया जाता है, वास्तव में क्या किया जाना चाहिए? (४) सद्ब...
- (२) वासना की चर्चा क्या सामाजिक जीवन में करना उपयुक्त होगा?...? (३) वासना की चर्चा सामाजिक जीवन में करने से हमें क्या हानियाँ हो सकती हैं? (४) मस्तिष्क में कामुकताप...
- (२) वासना की चर्चा क्या सामाजिक जीवन में करना उपयुक्त होगा?...? (३) वासना की चर्चा की चर्चा सामाजिक जीवन में करने से हमें क्या हानियाँ है? (४) मस्तिष्क में कामुकता ...
- (२) विचार किस तरह मनुष्य के लिए उपयोगी हैं?...? (३) इस समय जो प्रगति की विविध-विध चेष्टाएँ की जा रही हैं, वे सफल क्यों हो रही हैं? (४) अब समाज की उन...
- (२) विचार किस तरह मनुष्य के लिये उपयोगी हैं?...? (३) इस समय जो प्रगति की विविध विध चेष्टाएँ की जा रही हैं वे असफल क्यों हो रही हैं।...
- (२) विजय लक्ष्मी प्राप्ति के उपाय बताइये?...? (३) सफलता की कुँजी क्या है? (४) उज्ज्वल भविष्य कैसे बन सकता है? (५) मानव का सबसे बड़ा शत्रु कौन है? उ...
- (२) विदेशियों ने हमारे सांस्कृतिक मूल्यों को किस प्रकार गिराया?...? (३) भारत में नारियों की वर्तमान अवस्था पर प्रकाश डालिये? (४) पर्दा प्रथा से क्या हानियाँ हैं। (५) भा...
- (२) विदेशियों ने हमारे सांस्कृतिक मूल्यों को किस प्रकार गिराया?...? (३) भारत में नारियों की वर्तमान अवस्था पर प्रकाश डालिए? (४) पर्दा-प्रथा से क्या हानियाँ हैं? (५) भार...
- (२) विवाह सम्बन्ध का सच्चा आधार क्या होना चाहिए?...? (३) गृहस्थ के सुख शान्ति की आधार शिला क्या है? (४) विवाहोत्सव कैसा होना चाहिए? विवाहोत्सव में होने व...
- (२) विवाह सम्बन्ध का सच्चा आधार क्या होना चाहिए?...? (३) गृहस्थ के सुख-शान्ति की आधारशिला क्या है? (४) विवाहोत्सव कैसा होना चाहिए? (५) विवाहोत्सव में होन...
- (२) वृक्षों के संरक्षण से मानव समाज को लाभ होते हैं?...? (३) वृक्षों की तुलना सन्तों से क्यों की जाती हैं? (४) वृक्ष बिना कारण ही मानव समाज का हित करते हैं- स...
- (२) व्यक्तिगत सदाचार और सामाजिक कर्तव्य क्यों आवश्यक हैं?...? (३) सिद्ध करो अपराध व्यक्ति के लिये स्वयं घातक होते हैं? (४) अपने देश की उन्नति नहीं हो रही है क्यों...
- (२) व्यक्तिगत सदाचार और सामाजिक कर्तव्य क्यों आवश्यक हैं?...? (३) सिद्ध करो अपराध व्यक्ति के लिए स्वयं घातक होते हैं? (४) अपने देश की उन्नति नहीं हो रही है क्यों?...
- (२) शरीर से दुबले शिष्य को हनुमान को पूजते और तिलक करते देखकर गुरु ने पूछा-बेटा हनुमान जी को क्यों पूज रहे हो?...? शिष्य बोला-भगवन् आज इनका जन्म दिन है आशीर्वाद देंगे तो स्वस्थ हो जायेंगे। गुरु बोले-बेटा स्वस्थ होने...
- (२) शारदा एक्ट तथा दूसरे बाल-विवाह विरोधी कानून क्यों प्रभावहीन हैं?...? (३) बाल-विवाह में मानसिक एवं शारीरिक हानियाँ क्या हैं? (४) बाल-विवाह से उत्पन्न सन्तान किस तरह की होत...
- (२) शारीरिक योग कितने हैं उनसे क्या लाभ मिलता है?...? (३) मानसिक योग कितने प्रकार के होते हैं? (४) योग का प्रयोजन और सदुपयोग क्या हैं? (५) ज्ञान योग किस प...
- (२) शारीरिक योग कितने हैं, उनसे क्या लाभ मिलता है?...? (३) मानसिक योग कितने प्रकार के होते हैं? (४) योग का प्रयोजन और सदुपयोग क्या है? (५) ज्ञानयोग किस प्र...
- (२) शास्त्रकारों ने गायत्री जी के कितने मुख बताये हैं तथा इनके लाभ प्राप्त करने की क्षमता किसमें है?...? (३) गायत्री महामन्त्र की उपासना करके मनुष्य क्या लाभ प्राप्त कर सकता है? (४) गायत्री की प्रतिमा माता...
- (२) शास्त्रकारों ने गायत्री जी के कितने मुख बताये हैं?...? तथा इनके लाभ प्राप्त करने की क्षमता किसमें है? (३) गायत्री महामन्त्र की उपासना करके मनुष्य क्या लाभ ...
- (२) संयम कितने प्रकार का होता है?...? (३) किसी संयम के प्रकार एवं लाभ बताओ। (४) अपच का मूल कारण क्या है? ब्रह्मचर्य के महत्त्व पर प्रकाश ड...
- (२) सन्तानोत्पादन के साथ-साथ पिता के दायित्व क्या हैं?...? (३) बच्चे समस्या कब बनते हैं? (४) बच्चों को सुसंस्कारी बनाना क्यों आवश्यक है। (५) अभिभावक को शान्ति ...
- (२) सफलता प्राप्त करने के उपाय?...? (३) व्यक्ति ढालने के उपयुक्त समय कौन-सा है व क्यों? (४) उठती उम्र में किसी भी आकर्षण की ओर खिंच जाना...
- (२) सम्पदायें एवं विभूतियाँ कैसे उपलब्ध होती हैं?...? (३) श्रम की प्रतिष्ठा प्रतिपादित करने के लिए क्या किया जाना चाहिए? (४) हिन्दू जाति के घटते जाने का म...
- (२) सहकारिता की प्रवृत्ति में आध्यात्मिक आदर्श किस प्रकार जुड़े हुए हैं?...? (३) स्वार्थी व्यक्ति की परिभाषा कीजिए? (४) किस प्रकार इकाई-इकाई मिलकर एक विशाल समूह का निर्माण करते ...
- (२) सहकारितायुक्त की प्रवृत्ति में आध्यात्मिक आदर्श किस प्रकार जुड़े हुये हैं?...? (३) स्वार्थी व्यक्ति की परिभाषा कीजिये? (४) किस प्रकार इकाई-इकाई मिलकर एक विशाल समूह का निर्माण करते...
- (२) सारा जीवन पाप और प्रतारना में बीत जाए और पारमार्थिक जीवन के विकास के लिए बिलकुल प्रयत्नशील न हुआ जाए?...? इन दोनों अवस्थाओं का सामना केवल पुरुष को ही नहीं करना पड़ता, स्त्रियों को भी करना पड़ता है। यदि पुरुष...
- (२) हम वस्त्र क्यों पहनते हैं?...? हम सारा कमाया हुआ पैसा बैंकों में क्यों रखते हैं? हम सारा कमाया हुआ पैसा बैंकों में क्यों रखते हैं? ...
- (२) हमको अपना महत्त्व समझना था पर हमने किस चीजों का महत्त्व समझा?...? (३) हम किन चीजों के प्राप्त होने से सुविधा अनुभव करते हैं? (४) हम हमारे में ही उपस्थित किन चीजों का ...
- (२) हमारे शासन तंत्र में अपेक्षित कार्य-कुशलता न होने का क्या कारण है?...? (३) प्रतिनिधि कैसे चुना जाना चाहिए? (४) आजकल नागरिक मतदान करते समय किन बातों से प्रभावित होकर मतदान ...
- (२) हमारे शासन में अपेक्षित कार्य कुशलता न होने का क्या कारण है?...? (३) प्रतिनिधि कैसा चुना जाना चाहिए? (४) आजकल नागरिक मतदान करते समय किन बातों से प्रभावित होकर मतदान...
- (२) हर क्षेत्र में सफलता के उच्च शिखर पर पहुँचने का रहस्य क्या है?...? (३) जीवन में एकीकरण एवं केन्द्रीय करण की आवश्यकता क्यों है? (४) थोड़े समय में अभीष्ट प्रगति करने का म...
- (३) अन्याय और पुण्य दोनों ही किस प्रकार मानवीय प्रगति में सहायक हैं?...? (४) यह ठीक है कि हमें किसी को ठगना नहीं चाहिए पर क्या यह यह ठीक है कि हम किसी से ठगे जाएँ।...
- (३) अपनी त्रुटियों को सहज ही कौन सुधार लेता है?...? (४) योग का अर्थ क्या है? योग कितने प्रकार के होते हैं? (५) क्लेश एवं कलह मिटाने का क्या उपाय है? (६)...
- (३) अपने देश में विदेशों की अपेक्षा दो जिम्मेदारियाँ और क्या बढ़ जाती हैं?...? (४) सन्तान के पालन-पोषण के अलावा मनुष्य के और क्या कर्तव्य हैं? (५) मनुष्य को सन्तान के स्वावलम्बी हो...
- (३) अपने ही शरीर के प्रति हमारी कर्तव्य परायणता को हमें किस प्रकार निबाहना चाहिए?...? (४) परिवार के प्रत्येक सदस्य की क्या-क्या जिम्मेदारियाँ परिवार के प्रमुख पर होती है। (५) परिवार के आ...
- (३) अब अपव्यय करने पर समाज हमसे किस प्रकार का बर्ताव करता है?...? (४) विवाहोन्माद में होने वाले इस सारे अपव्यय का दोष बेटे वाले के सर पर क्यों थोपा जा रहा है? (५) हर ...
- (३) अब अपव्यय करने पर समाज हमसे किस प्रकार बरताव करता है?...? (४) विवाहोन्माद में होने वाले इस सारे अपव्यय का दोष बेटे वाले के सिर पर क्यों थोपा जा रहा है? (५) हर...
- (३) आज का युवक अपनी पत्नी को किस प्रकार धोखा दे सकता है तथा इसका कारण क्या है?...? (४) महँगाई के इस जमाने में नारी का क्या कर्तव्य हो जाता है? (५) उच्च शिक्षित कन्या को शादी के बाद कि...
- (३) आज के बालक समाज के लिए समस्या क्यों बनते जा रहे हैं?...? (४) अपने देश में स्त्रियों के निरन्तर गिरने वाले स्वास्थ्य का मूल कारण क्या है? (५) विवाह की आयु में...
- (३) आज कैसा व्यवहार हो रहा है शिक्षा तथा यज्ञोपवीत कैसा था हमारे यहाँ?...? (४) शिखा संरक्षण का वैज्ञानिक महत्त्व किस प्रकार है सिद्ध कीजिए? (५) हमारे भारतीय तत्त्ववेत्ताओं ने ...
- (३) आज कैसा व्यवहार हो रहा है, शिखा और यज्ञोपवीत कैसा था हमारे यहाँ?...? (४) शिखा संरक्षण का वैज्ञानिक महत्त्व किस प्रकार है सिद्ध कीजिए? (५) हमारे भारतीय तत्त्ववेत्ताओं ने ...
- (३) आराम तलबी एक अभिशाप है सिद्ध कीजिये?...? (४) सार्वजनिक स्वास्थ्य रोज-रोज गिरते जाने के कारण क्या हैं? (५) स्वास्थ्य रक्षा का नितान्त आवश्यकता...
- (३) आवेशित होने के कारण क्या हैं?...? (४) आवेशित होने से हम में क्या परिवर्तन हो जाते हैं? तथा इससे क्या हानियाँ होती हैं? (५) क्या आवेशित...
- (३) आस्तिक मनुष्य समाज को किस तरह लाभ पहुँचाता है?...? (४) मन्दिरों के निर्माण में इतनी अधिक धन सम्पत्ति लगाने का कारण क्या हो सकता है? (५) मन्दिरों में कथ...
- (३) आस्तिक मनुष्य समाज को किस तरह लाभ पहुँचाता है?...? (४) मन्दिरों के निर्माण में इतनी अधिक धन-सम्पत्ति लगाने का कारण क्या हो सकता है? (५) मन्दिरों में कथ...
- (३) इस विपन्न परिस्थिति में स्त्री को निकालने के लिए क्या प्रयत्न होना चाहिए?...? (४) इस स्थिति से नारी जाति को निकालने के लिए स्वयं नारी को क्या प्रयत्न करना चाहिए? (५) इस समय स्त्...
- (३) इस विपन्न परिस्थितियों से स्त्री जाति को निकालने के लिए क्या प्रयत्न होने चाहिए?...? (४) इस स्थिति से नारी जाति को निकालने के लिए स्वयं नारी को क्या प्रयत्न करने चाहिए? (५) इस समय स्त्र...
- (३) इस समय जो प्रगति की विविध-विध चेष्टाएँ की जा रही हैं, वे सफल क्यों हो रही हैं?...? (४) अब समाज की उन्नति के लिए किस तरह के प्रयत्न किये जायें? (५) राजनैतिक क्रान्ति के बाद सबसे पहली आ...
- (३) उठती आयु में हमें सद्गुणों के साथ-साथ और किन-किन गुणों को हस्तगत करना चाहिए?...? (४) सद्गुण और अन्य गुणों में कौन-सा गुण श्रेष्ठ है? व क्यों? (५) दुर्गुणी व्यक्ति अपने स्वतः के लिए ...
- (३) उठती आयु में हमें सद्गुणों के साथ-साथ और किन-किन गुणों को हस्तगत करना चाहिए?...? (४) सद्गुणों और अन्य गुणों में कौन-सा गुण श्रेष्ठ है? व क्यों? (५) दुर्गुणी व्यक्ति अपने स्वतः के लि...
- (३) उन गुणों के न होने से क्या हानियाँ होती हैं?...? (४) किसी व्यक्ति की बुद्धिमत्ता किस बात पर परखी जा सकती है? (५) व्यक्ति धनवान किस प्रकार बन सकता है?...
- (३) ऊँच-नीच का आधार गुण होना चाहिए या वंश (४) क्या पूर्वजों के कारनामों के कारण उनके वंशजों को ऊँच या नीच माना जाना चाहिए?...? कारण सहित बताओ। (५) आज भारतीय समाज की विचित्र दशा क्यों है क्या प्राचीनकाल में जाति भेद था? (६) वर्ग...
- (३) ऊँच-नीच का आधार गुण होना चाहिए या वंश?...? क्यों? (४) क्या पूर्वजों के कारनामों के कारण उनके वंशजों को ऊँच या नीच माना जाना चाहिए? कारण सहित बत...
- (३) एक बार गाँधी जी से एक सज्जन ने पूछा-आप हिन्दू हैं क्या इसीलिए चोटी रखते हैं?...? गाँधी जी ने उत्तर दिया नहीं-चोटी हिन्दू धर्म की रक्षा करती है इसलिए चोटी रखता हूँ। (४) शिवाजी से भें...
- (३) एक राजा एक साधु के पास जाकर बोला-महाराज किसी काम के लिये उपयुक्त समय कौन सा है?...? यह कैसे जाना जाये। साधु क्यारी गोड़ते रहे बोले कुछ नहीं। राजा दूसरे दिन भी और वही प्रश्न किया। साधु फ...
- (३) कटु व्यवहार की कैसी प्रतिक्रिया होती है?...? (४) मनुष्यता का सच्चा स्वरूप किसमें है? (५) संभाषण में शिष्टाचार के नियम बताइये।...
- (३) कर्तव्य की उपेक्षा क्यों नहीं की जानी चाहिए?...? (४) मनुष्यता एवं देश भक्ति का सहज प्रमाण क्या है? (५) मतभेद सुलझाने का सही तरीका क्या है? (६) उदात्त...
- (३) कर्तृत्व की प्रेरणा कहाँ से आती है?...? (४) मनुष्य शरीर का जादू किसे कहते हैं, क्यों? (५) ‘‘विचार’’ शक्ति का आध्यात्मिकता से क्या सम्बन्ध है...
- (३) क्या साधन सम्पन्न और अमीर ही केवल प्रसन्न रहते हैं?...? यदि नहीं तो समझायें? (४) व्यक्ति अपने को यदि अप्रसन्न समझता है तो क्यों? (५) प्रसन्नता किस प्रकार प्...
- (३) क्या स्वर्ग एवं नरक की मान्यतायें सही है?...? (४) सूक्ष्म व स्थूल शरीर में क्या भेद है। (५) क्या मुक्ति आत्मा नाश का ही दूसरा नाम नहीं है? (६) चिर...
- (३) गायत्री महामन्त्र की उपासना करके मनुष्य क्या लाभ प्राप्त कर सकता है?...? (४) गायत्री की प्रतिमा माता के रूप में बनाकर क्या प्रतिपादित किया जाता है? (५) हमें अपने परिवार को क...
- (३) गायत्री महामन्त्र की उपासना करके मनुष्य क्या लाभ प्राप्त कर सकता है?...? (४) गायत्री की प्रतिमा माता के रूप में बनाकर क्या प्रतिपादित किया जाता है? (५) हमें अपने परिवार को क...
- (३) गायत्री यज्ञ आन्दोलन किस तरह से पुराने और वर्तमान समय के यज्ञों में समानता ला रहा है?...? (४) यज्ञ की महिमा को बतलाइए? (५) यज्ञ शब्द का क्या अर्थ होता है? (६) यज्ञीय जीवन को अपनाने पर मानव म...
- (३) गायत्री यज्ञ आन्दोलन किस तरह से पुराने और वर्तमान समय के यज्ञों में समानता ला रहा है?...? (४) यज्ञ की महिमा को बतलाइए? (५) यज्ञ शब्द का क्या अर्थ होता है? (६) यज्ञीय जीवन को अपनाने पर मानव म...
- (३) गृहस्थ के सुख शान्ति की आधार शिला क्या है?...? (४) विवाहोत्सव कैसा होना चाहिए? विवाहोत्सव में होने वाले अपव्यय पर प्रकाश डालिये।...
- (३) गृहस्थ के सुख-शान्ति की आधारशिला क्या है?...? (४) विवाहोत्सव कैसा होना चाहिए? (५) विवाहोत्सव में होने वाले अपव्यय पर प्रकाश डालिए? (५) विवाहों की ...
- (३) घर मुहल्ले एवं नगर में सफाई रखने के लिये क्या किया जाय?...? (४) नागरिकता किसे कहते हैं? सार्वजनिक स्थानों पर लोग किस प्रकार गन्दगी फैलाते हैं? (५) मनुष्यता की आ...
- (३) घोड़े, गधे तथा अन्य सवारी में काम आने वाले तथा वजन ढोने वाले पशुओं से हमें किस प्रकार का व्यवहार करना चाहिए?...? (४) निर्दयता निवारक धारा के अनुसार पुलिस को क्या अधिकार दिये गये हैं? (५) घायल, अशक्त जानवरों के साथ...
- (३) घोड़े, गधे तथा अन्य सवारी में काम आने वाले तथा वजन ढोने वाले पशुओं से हमें किस प्रकार का व्यवहार करना चाहिए?...? (४) निर्दयता निवारक धारा के अनुसार पुलिस को क्या अधिकार दिये गये हैं? (५) घायल, अशक्त जानवरों के साथ...
- (३) जापान के आधार पर समझायें कि उन्नति किस प्रकार की जा सकती है?...? (४) जापान की तरह नीति अपनाने पर हमें क्या लाभ हो सकते हैं? (५) हमारे देश में बेकारी की समस्या फैलने ...
- (३) जीवन का प्रारम्भिक चौथाई भाग क्या कहलाता है?...? इसका क्या महत्त्व है।...
- (३) जीवन को क्या माना जाना चाहिए?...? विवेक शीलता का तकाजा क्या है? (४) किस जीवन को सार्थक माना जा सकेगा? (५) आध्यात्मिक प्रगति के कौन-कौन...
- (३) जीवन में एकीकरण एवं केन्द्रीय करण की आवश्यकता क्यों है?...? (४) थोड़े समय में अभीष्ट प्रगति करने का मूल मन्त्र क्या है? (५) एण्डरसन ने संसार की सभी भाषा कैसे सीख...
- (३) जो मनुष्य अनीति का प्रतिरोध नहीं कर सकता क्या वह मनुष्य कहलाने के काबिल है?...? (४) हमें मनुष्यता के उत्तरदायित्व का मूल्य किस प्रकार चुकाना चाहिए? (५) लोक श्रद्धा के अधिकारी कौन-क...
- (३) तंबाकू के सेवन से कौन-कौन से रोग होते हैं?...? (४) तंबाकू स्वास्थ्य के लिए हानि क्या करता है? (५) तंबाकू खाने वाला अल्प जीवी क्यों होता है? (६) तंब...
- (३) देश की वर्तमान प्रमुख समस्याओं पर प्रकाश डालिए (४) क्या राष्ट्र में विचार-क्रान्ति की आवश्यकता है यदि है तो क्यों?...? (५) भारत में साधु-संन्यासियों की संख्या का सदुपयोग कैसे किया जा सकता है? (६) भारत में धार्मिक कार्यो...
- (३) देश की वर्तमान प्रमुख समस्याओं पर प्रकाश डालिये?...? (४) क्या राष्ट्र में विचार क्रान्ति की आवश्यकता है यदि है तो क्यों? (५) भारत में साधु संन्यासियों की ...
- (३) धन्य एवं सफल रहस्य किसे कहा जा सकता है?...? (४) विवाह योग साधना कैसे है? (५) सन्तान का सद्गुणी होना किन तत्त्वों पर निर्भर है? (६) छोटे घरों में...
- (३) निश्चित कार्य को आरम्भ करने का सबसे महत्त्वपूर्ण समय कौन-सा है?...? इसका उत्तर जानने के लिए राजा ने सभासदों की बैठक बुलायी, पर किसी का उत्तर सन्तोष जनक नहीं रहा। राज्य ...
- (३) पति-पत्नी के प्रति वफादार कैसे रह सकता है?...? (४) हिमालय के जानसर बाबर की प्रथा का वर्णन करो उपयोगिता बताओ? (५) नारी को हीन मानने के क्या दुष्परिण...
- (३) पति-पत्नी के प्रति वफादार कैसे रह सकता है?...? (४) हिमालय के जानसर बावर की प्रथा का वर्णन करो, उपयोगिता बताओ? (५) नारी को हीन मानने से क्या दुष्परि...
- (३) पर्दा प्रथा कहाँ से प्रारम्भ हुई?...? तथा उसके प्रचलित होने के कारण क्या हैं? (४) अपने यहाँ पर्दा प्रथा प्रचलन के कारणों पर प्रकाश डालिये?...
- (३) प्रतिनिधि कैसा चुना जाना चाहिए?...? (४) आजकल नागरिक मतदान करते समय किन बातों से प्रभावित होकर मतदान करते हैं? क्यों? (५) वर्तमान परिस्थि...
- (३) प्रतिनिधि कैसे चुना जाना चाहिए?...? (४) आजकल नागरिक मतदान करते समय किन बातों से प्रभावित होकर मतदान करते हैं? (५) वर्तमान परिस्थितियों स...
- (३) प्रमुख १० संस्कारों के नाम बताइये?...? (४) प्रत्येक संस्कार की उपादेयता पर प्रकाश डालिए? (५) पर्व और त्यौहार मनाने के पीछे हमारा प्रयोजन क्...
- (३) प्राचीन काल के साधुओं की स्थिति को स्पष्ट करें?...? (४) सारे साधु यदि जीविका उपार्जन के लिये भिक्षा वृत्ति के साथ-साथ ही रचनात्मक कार्यक्रमों में जुट जा...
- (३) प्राचीनकाल के साधु-ब्राह्मणों की आज के साधु-ब्राह्मणों से तुलना करो?...? (४) लोक-अनुदान का अधिकार किसे है और क्यों? (५) साधु-ब्राह्मणों में फैली बुराइयाँ बताओ? (६) लोक-मंगल ...
- (३) प्राचीनकाल के साधु-ब्राह्मणों की आज के साधु-ब्राह्मणों से तुलना करो?...? (४) लोक-अनुदान का अधिकार किसे है और क्यों? (५) साधु-ब्राह्मणों में फैली बुराइयाँ बताओ? (६) जिनकी लोक...
- (३) प्राचीनकाल के साधुओं की स्थिति को स्पष्ट कीजिए?...? (४) सारे साधु यदि जीविका उपार्जन के लिए भिक्षा-वृत्ति के लिए साथ-साथ ही रचनात्मक कार्यक्रमों में जुट...
- (३) प्राचीनकाल में कला का उपयोग किस लिए किया जाता था?...? (४) किन कला प्रयासों को सार्थक कहा जा सकता है? (५) मनोरंजन की सुरुचिपूर्ण योजनाएँ किस प्रकार चलाई जा...
- (३) प्राचीनकाल में शिक्षा पद्धति किन लोगों के हाथ में थी उससे क्या लाभ हुआ?...? (४) शिक्षक को राष्ट्र निर्माता क्यों कहा जाता है? (५) अध्यापकों के प्रमुख कर्तव्य बताइये? (६) अध्याप...
- (३) प्राचीनकाल में शिक्षा पद्धति किन लोगों के हाथ में थी?...? उससे क्या लाभ हुआ? (४) शिक्षक को राष्ट्र निर्माता क्यों कहा जाता है? (५) अध्यापकों के प्रमुख कर्तव्य...
- (३) बगल में खड़े दो गुलामों की ओर इशारा करते हुए तैमूर लग ने कवि अहमदी से प्रश्न किया-बता सकते हैं इन गुलामों की कीमत क्या होगी?...? पाँच टके अहमदी मुस्करा कर बोले-तैमूर गुस्सा होकर बोला-मैंने इन्हें चार हजार अशर्फियों में खरीदा है।...
- (३) बच्चे समस्या कब बनते हैं?...? (४) बच्चों को सुसंस्कारी बनाना क्यों आवश्यक है। (५) अभिभावक को शान्ति व प्रसन्नता कैसे मिल सकती है। ...
- (३) बलिदान की प्रचलित प्रथा किस प्रकार अनुपयुक्त है?...? (४) यदि यह मान लिया जाय कि देवता पशुबलि से प्रसन्न होते होंगे तो उस ईश्वर का स्वरूप किस तरह का होगा ...
- (३) बलिदान की प्रचलित प्रथा किस प्रकार अनुपयुक्त है?...? (४) यदि यह मान लिया जाये कि देवता पशुबलि से प्रसन्न होते होंगे, तो उस ईश्वर का स्वरूप किस तरह का होग...
- (३) बाल-विवाह में मानसिक एवं शारीरिक हानियाँ क्या हैं?...? (४) बाल-विवाह से उत्पन्न सन्तान किस तरह की होती है? (५) बाल-विवाह लड़की के लिए किस प्रकार घातक सिद्ध ह...
- (३) बुरे लोगों की प्रशंसा से क्या होता है?...? (४) समाज सुधार के लिये क्या किया जाये (५) बुरे लोगों की प्रशंसा से आज क्या बुराइयाँ फैली हैं (६) अच्...
- (३) बड़े परिवारों में सुव्यवस्था कैसी रखी जाये?...? (४) छोटों के बड़ों के प्रति तथा बड़ों के छोटों के प्रति कर्तव्य लिखो? (५) उपार्जन करने वाले लोग कौन ...
- (३) भाग्यवाद किस प्रकार व्यक्ति को अकर्मण्य बना देता है?...? (४) भाग्यवाद का प्रचारक कौन था तथा उसका कारण क्या था? (५) विदेशी शासक भारतीय जनता पर किस प्रकार शासन...
- (३) भारत में नारियों की वर्तमान अवस्था पर प्रकाश डालिए?...? (४) पर्दा-प्रथा से क्या हानियाँ हैं? (५) भारतीय समाज ने नारी को अबला और अपंग क्यों बना रखा है? (६) न...
- (३) भारत में नारियों की वर्तमान अवस्था पर प्रकाश डालिये?...? (४) पर्दा प्रथा से क्या हानियाँ हैं। (५) भारतीय समाज ने नारी को अबला व अपंग क्यों बना रखा है। (६) ना...
- (३) भारतीय जनता का एक बहुत बड़ा भाग अन्ध विश्वास में उलझा हुआ है क्या कारण है?...? (४) हम जिन्हें भूत-प्रेत आदि कहते हैं व उनसे डरते हैं वह वास्तव में क्या हैं तथा वस्तुस्थिति क्या है...
- (३) भारतीय जनता का एक बहुत बड़ा भाग अन्ध-विश्वास में जकड़ा हुआ है क्या कारण है?...? (४) हम जिन्हें भूत-प्रेत आदि कहते हैं व उनसे डरते हैं, वह वास्तव में क्या हैं तथा वस्तुस्थिति क्या ह...
- (३) मानव प्राणी की सबसे बड़ी विशेषता क्या है?...? (४) सिद्ध कीजिये माँसाहार मानव की प्रकृति के विरुद्ध है? (५) माँसाहार के विरुद्ध विदेशी डॉक्टरों के ...
- (३) मानवीय अन्तःकरण की विकसित चेतना का अनुभव कैसे किया जाता है?...? (४) मनुष्य का आत्मिक स्तर विकसित होने की कौन सी दो कसौटियाँ है? (५) दुष्कर्म करने से हानि अपार है ला...
- (३) मानवीय विकास की आधारभूत आवश्यकता क्या है?...? (४) प्राचीनकाल में छात्रों को ऋषिकुल में क्यों भेजा जाता था? (५) व्यक्तित्व की उत्कृष्टता किन-किन तत...
- (३) मानवीय विकास की आधारभूत आवश्यकता क्या है?...? (४) प्राचीनकाल में छात्रों को ऋषिकुल में क्यों भेजा जाता था? (५) व्यक्तित्व की उत्कृष्टता किन-किन तत...
- (३) मानवीय सुख-शान्ति बढ़ाने के लिए आजकल क्या किया जाता है, वास्तव में क्या किया जाना चाहिए?...? (४) सद्बुद्धि के संस्थापन हेतु क्या किया जाना चाहिए? (५) ‘ज्ञान-यज्ञ’ अभियान से क्या समझते हो? इसके ...
- (३) मानवीय सुख-शान्ति बढ़ाने के लिये आजकल क्या किया जाता है?...? वास्तव में क्या किया जाना चाहिए? (४) सद्बुद्धि के संस्थापन हेतु क्या किया जाना चाहिए? (५) ‘ज्ञानयज...
- (३) मानसिक योग कितने प्रकार के होते हैं?...? (४) योग का प्रयोजन और सदुपयोग क्या हैं? (५) ज्ञान योग किस प्रकार बन्धन खोलता है? (६) कर्मयोग की व्या...
- (३) मानसिक योग कितने प्रकार के होते हैं?...? (४) योग का प्रयोजन और सदुपयोग क्या है? (५) ज्ञानयोग किस प्रकार बन्धन खोलता है? (६) कर्मयोग की व्याख्...
- (३) माया किसे कहते हैं तथा माया के चंगुल में फँसा व्यक्ति किस प्रकार विनष्ट हो जाता है?...? (४) मानव अपनी शरीरचर्या किस प्रकार व्यतीत करता है? (५) जीवन मिला है तो उसका लाभ किस प्रकार लेना चाहि...
- (३) माया किसे कहते हैं?...? तथा ‘माया’ के चंगुल में फँसा व्यक्ति किस प्रकार व्यतीत करता है? (५) जीवन मिला है तो उसका लाभ किस प्र...
- (३) यज्ञोपवीत धारण द्विजत्व की प्रतिज्ञा किस प्रकार है (४) यज्ञोपवीत संस्कार न करवाने का कारण क्या है?...? (५) यज्ञोपवीत संस्कार को उसके स्थान पर पुनः प्रतिष्ठापित करने के लिये हमें क्या करना चाहिए? (६) यज्...
- (३) यज्ञोपवीत धारण द्विजत्व की प्रतिज्ञा किस प्रकार है?...? (४) यज्ञोपवीत संस्कार न कराने का कारण क्या है? (५) यज्ञोपवीत संस्कार को उसके स्थान पर पुनः प्रतिष्ठा...
- (३) रचनात्मक कार्यक्रम के अन्तर्गत शिक्षा का प्रसार एवं फैलाव किस तरह किया जाना चाहिए?...? (४) कुटीर उद्योगों को किस प्रकार चलाना चाहिए? (५) अन्न की उपज बढ़ाने तथा खाद्य वस्तुओं में देश को आत्...
- (३) रचनात्मक कार्यक्रम के अन्तर्गत शिक्षा का प्रसार एवं फैलाव किस तरह किया जाना चाहिए?...? (४) कुटीर उद्योगों को किस प्रकार चलाना चाहिए? (५) अन्न की उपज बढ़ाने तथा खाद्य वस्तुओं में देश को आत्...
- (३) वर्तमान समय में भी यदि जेवरों का प्रचलन रहा तो हमारे देश को किस तरह हानि उठानी पड़ेगी?...? (४) स्वास्थ्य की दृष्टि से भी जेवरों का पहनना हानिकारक है सिद्ध कीजिये? (५) जेवरों के बनवाने के कारण...
- (३) वासना की चर्चा की चर्चा सामाजिक जीवन में करने से हमें क्या हानियाँ है?...? (४) मस्तिष्क में कामुकता का विचार भरने से हमें क्या हानियाँ है? (५) आज नारी जाति का किस प्रकार अपमान...
- (३) वासना की चर्चा सामाजिक जीवन में करने से हमें क्या हानियाँ हो सकती हैं?...? (४) मस्तिष्क में कामुकतापूर्ण विचार भरने से क्या हानियाँ होती हैं। (५) आज नारी जाति का किस प्रकार अप...
- (३) विवाह की कुरीतियों पर प्रकाश डालें तथा उनसे होने वाली हानियाँ दर्शाइए?...? (४) समय की पुकार क्या है? (५) शौर्य एवं साहस के साथ विवाहोन्माद के विरुद्ध आन्दोलन चलाना क्यों आवश्य...
- (३) विवाह की कुरीतियों पर प्रकाश डालें तथा उनसे होने वाली हानियाँ दर्शाइए?...? (४) समय की पुकार क्या है? (५) शौर्य एवं साहस के साथ विवाहोन्माद के विरुद्ध आन्दोलन चलना क्यों आवश्यक...
- (३) विवाह के पूर्व कुण्डली मिलाने से लाभ है या हानि?...? (४) ग्रह दशा में डरा कर जनता को गुमराह करना वहाँ तक उचित है।...
- (३) विवाह के पूर्व कुण्डली मिलाने से लाभ है या हानि?...? (४) ग्रह दशा से डरकर जनता को गुमराह करना कहाँ तक उचित है? (५) दो हजार वर्ष की गुलामी का भयंकर दुष्पर...
- (३) वृक्षों की तुलना सन्तों से क्यों की जाती है?...? (४) वृक्ष बिना कारण ही मानव समाज का हित करते हैं-सिद्ध करो। (५) वन्य प्रदेश में वर्षा अधिक क्यों होत...
- (३) वृक्षों की तुलना सन्तों से क्यों की जाती हैं?...? (४) वृक्ष बिना कारण ही मानव समाज का हित करते हैं- सिद्ध करो। (५) वन्य प्रदेश में वर्षा अधिक क्यों हो...
- (३) व्यक्ति ढालने के उपयुक्त समय कौन-सा है व क्यों?...? (४) उठती उम्र में किसी भी आकर्षण की ओर खिंच जाना सरल क्यों होता है? (५) मित्रता का स्वर्णिम सूत्र क्...
- (३) शाक-भाजियों के उत्पादन से क्या लाभ होगा?...? (४) अन्न के अपव्यय को रोकने के लिए क्या किया जाना चाहिए? (५) बड़ी दावतों से क्या हानि है? (६) जूठन छो...
- (३) शाक-भाजियों के उत्पादन से क्या लाभ होगा?...? (४) अन्न के अपव्यय को रोकने के लिए क्या किया जाना चाहिए? (५) बड़ी दावतों से क्या हानि है? (६) जूठन खा...
- (३) शाकों का उपयोग अन्न से अधिक गुणकारी क्यों है?...? (४) सरलता से उगने वाले कंद, मूल, फलों के नाम बताइये? (५) किसानों को शाक सब्जी क्यों उगाना चाहिए? (६)...
- (३) शाकों का उपयोग अन्न से अधिक गुणकारी क्यों हैं?...? (४) सरलता से उगने वाले कंद, मूल, फलों के नाम बताओ? (५) किसानों को शाक-सब्जी क्यों उगाना चाहिए? (६) ख...
- (३) शारीरिक स्वास्थ्य रक्षा के लिये कौन-कौन से कार्य हमें करना चाहिए?...? (४) आहार के क्या नियम हमें पालन करना चाहिए? (५) आहार हमें किस दृष्टि से ग्रहण करना चाहिए? (६) किस तर...
- (३) शिशु निर्माण के सम्बन्ध में रहस्य की बात क्या है?...? (४) व्यक्ति की सुख शान्ति के लिए किन तत्त्वों की आवश्यकता है? (५) बच्चों को संस्कारवान् बनाने के लिय...
- (३) शिष्य ने पूछा-गुरुवर तुलसी वृक्ष और तुलसी वन लगाने को अश्वमेध यज्ञ के समान पुण्यदायक माना जाता है ऐसा क्यों?...? गुरु ने अलंकारिक वर्णन का रहस्य समझाते हुए बताया-तात यज्ञ धूम्र से रोग कीटाणु नष्ट होते हैं, वायु शु...
- (३) श्रम की प्रतिष्ठा प्रतिपादित करने के लिए क्या किया जाना चाहिए?...? (४) हिन्दू जाति के घटते जाने का मूल कारण क्या है? (५) व्यायामशालाओं की आवश्यकता क्यों है? (६) दिन भर...
- (३) श्वास लेने वाले और किसे कहा जा सकता है?...? (४) आदर्श विवाह किसे कहते हैं? (५) सत्याग्रही स्वयं सेवक सेना से क्या समझते हो? (६) विवाहोन्माद के प...
- (३) श्वास लेने वाले किसे कहा जा सकता है?...? (४) आदर्श विवाह किसे कहते हैं? (५) सत्याग्रही स्वयं सेवक सेना से क्या समझते हो? (६) विवाहोन्माद के प...
- (३) संयुक्त परिवार प्रणाली सहकारी व्यवस्था है?...? सिद्ध कीजिए? (४) कृषि पशुपालन एवं उद्योग धन्धों में संयुक्त परिवार को अधिक लाभ क्यों होता है। (५) वृ...
- (३) सफलता की कुँजी क्या है?...? (४) उज्ज्वल भविष्य कैसे बन सकता है? (५) मानव का सबसे बड़ा शत्रु कौन है? उनसे कैसे बचा जाय? (६) महान ब...
- (३) समाज की वर्तमान स्थिति में किसी भी व्यक्ति पर सहज जी विश्वास करना खतरे से खाली नहीं है?...? इस वाक्य का मर्म समझाइए। (४) वर्तमान समाज की प्रगति में कौन-सी कुरीतियाँ आड़े आ रही हैे? उनके उन्मूलन...
- (३) समाज की वर्तमान स्थिति में किसी भी व्यक्ति पर सहज ही विश्वास करना खतरे से खाली नहीं है, इस वाक्य का मर्म समझाइए?...? (४) वर्तमान समाज की प्रगति में कौन-सी कुरीतियाँ आड़े आ रही हैं? उनके उन्मूलन हेतु सुझाव दें।...
- (३) सामाजिक जीवन जीने के लिये मनुष्य को क्या करना चाहिए?...? (४) समाज के कई ऋण हमारे पर हैं इसे चुकाने के लिये हमें क्या करना चाहिए? (५) क्या हम अपना सारा समय, ...
- (३) सिद्ध करो अपराध व्यक्ति के लिए स्वयं घातक होते हैं?...? (४) अपने देश की उन्नति नहीं हो रही है क्यों? (५) मनुष्य को सदाचार से किस तरह प्रशिक्षित किया जाय? (६...
- (३) सिद्ध करो अपराध व्यक्ति के लिये स्वयं घातक होते हैं?...? (४) अपने देश की उन्नति नहीं हो रही है क्यों? (५) मनुष्य को सदाचार से किस तरह प्रशिक्षित किया जाय? (६...
- (३) सिद्ध कीजिए कि गौ-रस सर्वांगपूर्ण परिपुष्ट आहार है?...? (४) गौ-रस सर्वांगपूर्ण परिपुष्ट आहार है? (५) राजा दिलीप ने गौ की सेवा क्यों की थी? (६) बैल की उपयोगि...
- (३) सिद्ध कीजिए कि प्रगति का मूल मन्त्र शिक्षा पद्धति है?...? (४) वर्तमान शिक्षा प्रणाली के दोष बताइये? (५) शिक्षा में परिवर्तन जन-सहयोग से कैसे सम्भव है? (६) युग-...
- (३) सिद्ध कीजिये कि प्रगति का मूल मन्त्र शिक्षा पद्धति है?...? (४) वर्तमान शिक्षा प्रणाली के दोष बताइये? (५) शिक्षा में परिवर्तन जन सहयोग से कैसे सम्भव है? (६) युग ...
- (३) स्वार्थी व्यक्ति की परिभाषा कीजिए?...? (४) किस प्रकार इकाई-इकाई मिलकर एक विशाल समूह का निर्माण करते हैं? उदाहरणों के द्वारा समझाइए।...
- (३) स्वार्थी व्यक्ति की परिभाषा कीजिये?...? (४) किस प्रकार इकाई-इकाई मिलकर एक विशाल समूह का निर्माण करते हैं? उदाहरणों के द्वारा समझाइए? (५) प्र...
- (३) स्वास्थ्य और मनोबल बढ़ाने के लिए किस तरह की कार्य प्रणाली अपनानी चाहिए?...? (७) लोक शिक्षण के लिए क्या-क्या कार्य किया जा सकता है? (८) सेवा दलों के संगठन का महत्त्व रचनात्मक का...
- (३) हम किन चीजों के प्राप्त होने से सुविधा अनुभव करते हैं?...? (४) हम हमारे में ही उपस्थित किन चीजों का महत्त्व भूल गये हैं। (५) सिद्ध कीजिये अपना आप सबसे महत्त्वप...
- (३) हमारे देशवासियों की औसत आय क्या है?...? (४) विवाहोन्माद से दोनों पक्षों को कैसे हानि होती हैं? (५) विवाह भार का सामना करने के लिए समाज के वि...
- (३) हमारे देशवासियों की औसत आय क्या है?...? (४) विवाहोन्माद से दोनों पक्षों को कैसे हानि होती है? (५) विवाह के भार का सामना करने के लिए समाज के ...
- (३) हमें भारतवर्ष में स्नान किस प्रकार करते रहना चाहिए?...? (४) अपने दाँतों को अधिक टिकाने तथा मुँह में बदबू न आने देने के लिए हमें क्या करना चाहिए? (५) अपने कप...
- (३) हर घर में तुलसी का पौधा क्यों होना चाहिए?...? (४) तुलसी को औषधि के रूप में कैसे प्रयोग किया जा सकता है? (५) तुलसी की उपयोगिता पर एक लघु निबन्ध लिख...
- (३) हर घर में तुलसी का पौधा क्यों होना चाहिए?...? (४) तुलसी को औषधि के रूप में कैसे प्रयोग किया जा सकता है? (५) तुलसी की उपयोगी पर एक लघु निबन्ध लिखें...
- (३) हराम खोरी से क्या हानि है?...? (४) आत्मा की सद्गति कैसे होती है? (५) मृत्यु टैक्स क्यों लगाया जाता है? (६) हिन्दू समाज की सर्वाधिक ...
- (३) हरामखोरी से क्या हानि है?...? (४) आत्मा की सद्गति कैसे होती है? (५) मृत्यु टैक्स क्यों लगाया जाता है? (६) हिन्दू समाज की सर्वाधिक ...
- (३) ‘जापान’ के आधार पर समझायें कि उन्नति किस तरह की जा सकती है?...? (४) तथा ‘जापान’ की तरह ही नीति अपनाने पर हमें क्या लाभ हो सकते हैं? (५) हमारे देश में ‘बेकारी हराम ह...
- (४) अन्न के अपव्यय को रोकने के लिए क्या किया जाना चाहिए?...? (५) बड़ी दावतों से क्या हानि है? (६) जूठन छोड़ना अन्नदेव का अपमान करना है? सिद्ध कीजिए? (७) जूठन खाने ...
- (४) अन्न के अपव्यय को रोकने के लिए क्या किया जाना चाहिए?...? (५) बड़ी दावतों से क्या हानि है? (६) जूठन खाने से स्वाभिमान व स्वास्थ्य दोनों गिरते हैं? सिद्ध कीजिए।...
- (४) अपच का मूल कारण क्या है?...? ब्रह्मचर्य के महत्त्व पर प्रकाश डालिये।...
- (४) अपने दाँतों को अधिक टिकाने तथा मुँह में बदबू न आने देने के लिए हमें क्या करना चाहिए?...? (५) अपने कपड़े जो कि हम रोज व्यवहार में लाते हैं किस प्रकार स्वच्छ किये जाना चाहिए? (६) अपने घरों को ...
- (४) अपने देश की उन्नति नहीं हो रही है क्यों?...? (५) मनुष्य को सदाचार से किस तरह प्रशिक्षित किया जाय? (६) सदाचार और समाज सुधार के रचनात्मक कार्यक्रम ...
- (४) अपने देश की उन्नति नहीं हो रही है क्यों?...? (५) मनुष्य को सदाचार से किस तरह प्रशिक्षित किया जाय? (६) सदाचार और समाज सुधार के रचनात्मक कार्यक्रम ...
- (४) अपने देश में स्त्रियों के निरन्तर गिरने वाले स्वास्थ्य का मूल कारण क्या है?...? (५) विवाह की आयु में वृद्धि क्यों आवश्यक है? (६) वानप्रस्थ आश्रम का पुनः प्रारम्भ किस लिये जरूरी है?...
- (४) अपने यहाँ पर्दा प्रथा प्रचलन के कारणों पर प्रकाश डालिये?...? (५) नासमझ वर्ग के लोगों के दिमाग में क्या बात घर कर गई है? (६) अमीरी न होते हुए भी अमीरी वे किस तरह ...
- (४) अब समाज की उन्नति के लिए किस तरह के प्रयत्न किये जायें?...? (५) राजनैतिक क्रान्ति के बाद सबसे पहली आवश्यकता क्या है? (६) युग-निर्माण योजना द्वारा संचालित ‘ज्ञान...
- (४) अब समाज की उन्नति के लिये किस तरह के प्रयत्न किये जायें?...? (५) राजनैतिक क्रान्ति के बाद सबसे पहली आवश्यकता क्या है? (६) युग निर्माण योजना द्वारा संचालित ‘‘ज्ञा...
- (४) अब्राहम लिंकन ने एक बार उनके जन्म दिन पर एक पत्रकार ने पूछा आप साधारण मनुष्य से राष्ट्रपति बने इस सफलता का रहस्य क्या है?...? लिंकन बोले मैं अपने जीवन की पग-पग पर परीक्षा की हर असफलता से कुछ सीखा, सँभला और नये नाश्ते बनाता चला...
- (४) आजकल नागरिक मतदान करते समय किन बातों से प्रभावित होकर मतदान करते हैं?...? क्यों? (५) वर्तमान परिस्थितियों से मतदान का अधिकार सीमित करना क्यों आवश्यक है। (६) शासकीय कर्मचारी अ...
- (४) आजकल नागरिक मतदान करते समय किन बातों से प्रभावित होकर मतदान करते हैं?...? (५) वर्तमान परिस्थितियों से मतदान करते हैं? क्यों? (५) वर्तमान परिस्थितियों से मतदान का अधिकार सीमित...
- (४) आत्मा की सद्गति कैसे होती है?...? (५) मृत्यु टैक्स क्यों लगाया जाता है? (६) हिन्दू समाज की सर्वाधिक भ्रमपूर्ण मान्यता क्या है? (७) बदल...
- (४) आदर्श विवाह किसे कहते हैं?...? (५) सत्याग्रही स्वयं सेवक सेना से क्या समझते हो? (६) विवाहोन्माद के प्रतिरोध के लिये नयी पीढ़ी को क्य...
- (४) आदर्श विवाह किसे कहते हैं?...? (५) सत्याग्रही स्वयं सेवक सेना से क्या समझते हो? (६) विवाहोन्माद के प्रतिरोध के लिए नई पीढ़ी को क्या ...
- (४) आवेशित होने से हम में क्या परिवर्तन हो जाते हैं?...? तथा इससे क्या हानियाँ होती हैं? (५) क्या आवेशित व्यक्ति अपने स्वतः को भी पहुँचाता है? यरि हाँ तो किस...
- (४) आहार के क्या नियम हमें पालन करना चाहिए?...? (५) आहार हमें किस दृष्टि से ग्रहण करना चाहिए? (६) किस तरह की वस्तुएँ खानी चाहिए, किस तरह की नहीं।...
- (४) इस स्थिति से नारी जाति को निकालने के लिए स्वयं नारी को क्या प्रयत्न करना चाहिए?...? (५) इस समय स्त्री जाति कि तरह जीवन यापन कर रही है? (६) स्त्री जाति को उस अपमान भरे जीवन से निकाल कर ...
- (४) इस स्थिति से नारी जाति को निकालने के लिए स्वयं नारी को क्या प्रयत्न करने चाहिए?...? (५) इस समय स्त्री जाति किस तरह जीवनयापन कर रही है? स्त्री-जाति को अपमान भरे जीवन से निकाल कर ऊँचा उठ...
- (४) उज्ज्वल भविष्य कैसे बन सकता है?...? (५) मानव का सबसे बड़ा शत्रु कौन है? उनसे कैसे बचा जाय? (६) महान बनने का सर्वश्रेष्ठ साधना क्या है? (७...
- (४) उठती उम्र में किसी भी आकर्षण की ओर खिंच जाना सरल क्यों होता है?...? (५) मित्रता का स्वर्णिम सूत्र क्या है? (६) विद्यार्थियों को ब्रह्मचर्य व्रत का पालन क्यों आवश्यक है?...
- (४) एक उपदेशक भाषण दे रहे थे लोगों को मिलावट नहीं करनी चाहिए, रिश्वत नहीं लेनी चाहिए?...? एक व्यक्ति खड़े होकर बोले-महाराज विवाहों में जो लम्बी रकमें माँगी जाती हैं वह कहाँ से पूरी करें? उपदे...
- (४) एक मनुष्य बोला-भगवान ने शेर को कितना साहसी और शक्तिशाली बनाया, बल सारा हाथी को दे दिया, दूध गाय को, फल पौधों को, मनुष्य को उसने क्या दिया?...? गुरु बोले-बेटा वह बुद्धि, वह ज्ञान, जिसके उपयोग से वह शेर और हाथी से भी बलवान है उठ अपनी बुद्धि का उ...
- (४) एक विदेशी चित्रकार से एक व्यक्ति ने पूछा-आजकल कामोत्तेजक चित्र ही अधिक पसन्द किये जाते हैं वही छपते और बिकते भी अधिक हैं फिर आपके इन आदर्शवादी चित्रों को कौन खरीदेगा?...? सारी दुनियाँ खरीदेगी और लगायेगी चित्रकार ने उत्तर दिया आज न सही पर कामोत्तेजक चित्रों की बुराइयाँ जब...
- (४) एक व्यक्ति एक दिन एक साधु के पास जाकर बोला भगवन् मुझे भगवान की अनुभूति क्यों नहीं होती?...? साधु ने कुछ उत्तर नहीं दिया बोला-बेटा यह पाँच सात पत्थर लेकर मेरे साथ ऊपर पहाड़ों पर आओ, वहीं तुम्हा...
- (४) किन कला प्रयासों को सार्थक कहा जा सकता है?...? (५) मनोरंजन की सुरुचिपूर्ण योजनाएँ किस प्रकार चलाई जा सकती हैं? (६) वर्तमान फिल्मों में क्या त्रुटिय...
- (४) किन कला प्रयासों को सार्थक कहा जा सकता है?...? (५) मनोरंजन की सुरुचिपूर्ण योजनाएँ किस प्रकार चलाई जा सकती हैं? (६) वर्तमान फिल्मों में क्या त्रुटिय...
- (४) किस जीवन को सार्थक माना जा सकेगा?...? (५) आध्यात्मिक प्रगति के कौन-कौन से पक्ष हैं? (६) दिनचर्या बनाने व डायरी लिखने की आवश्यकता क्यों हैं...
- (४) किस प्रकार इकाई-इकाई मिलकर एक विशाल समूह का निर्माण करते हैं?...? उदाहरणों के द्वारा समझाइए? (५) प्रजातंत्र युग में सहकारिता का महत्त्व किस तरह है। प्रतिपादित कीजिये?...
- (४) किस प्रकार इकाई-इकाई मिलकर एक विशाल समूह का निर्माण करते हैं?...? उदाहरणों के द्वारा समझाइए।...
- (४) किसी व्यक्ति की बुद्धिमत्ता किस बात पर परखी जा सकती है?...? (५) व्यक्ति धनवान किस प्रकार बन सकता है? (६) सामान्य आजीविका से भी अपना खर्च किस प्रकार चलाया जा सकत...
- (४) कुटीर उद्योगों को किस प्रकार चलाना चाहिए?...? (५) अन्न की उपज बढ़ाने तथा खाद्य वस्तुओं में देश को आत्म निर्भर करने के लिये क्या प्रयत्न होने चाहिए?...
- (४) कुटीर उद्योगों को किस प्रकार चलाना चाहिए?...? (५) अन्न की उपज बढ़ाने तथा खाद्य वस्तुओं में देश को आत्म-निर्भर करने के लिए क्या प्रयत्न होने चाहिए? ...
- (४) क्या पूर्वजों के कारनामों के कारण उनके वंशजों को ऊँच या नीच माना जाना चाहिए?...? कारण सहित बताओ।...
- (४) क्या राष्ट्र में विचार क्रान्ति की आवश्यकता है यदि है तो क्यों?...? (५) भारत में साधु संन्यासियों की संख्या का सदुपयोग कैसे किया जा सकता है? (६) भारत में धार्मिक कार्यो...
- (४) गायत्री की प्रतिमा माता के रूप में बनाकर क्या प्रतिपादित किया जाता है?...? (५) हमें अपने परिवार को किस प्रकार की आदत डालनी चाहिए? (६) निराकार गायत्री की उपासना करने वाले को व...
- (४) गायत्री की प्रतिमा माता के रूप में बनाकर क्या प्रतिपादित किया जाता है?...? (५) हमें अपने परिवार को किस प्रकार की आदत डालनी चाहिए? (६) निराकार गायत्री की उपासना करने वाले को वह...
- (४) गृहस्थाश्रम के बारे में लिखिये?...? (५) वानप्रस्थाश्रम में मनुष्य घर के लिये क्या काम करता रहता था? (६) वानप्रस्थाश्रम में मनुष्य समाज क...
- (४) गौ-रस सर्वांगपूर्ण परिपुष्ट आहार है?...? (५) राजा दिलीप ने गौ की सेवा क्यों की थी? (६) बैल की उपयोगिता पर प्रकाश डालिए। (७) गावर्धन पूजा का म...
- (४) ग्रह दशा से डरकर जनता को गुमराह करना कहाँ तक उचित है?...? (५) दो हजार वर्ष की गुलामी का भयंकर दुष्परिणाम क्या हुआ? (६) सिद्ध कीजिए ‘‘भाग्यवाद निरर्थक है।...
- (४) छोटों के बड़ों के प्रति तथा बड़ों के छोटों के प्रति कर्तव्य लिखो?...? (५) उपार्जन करने वाले लोग कौन से दायित्व अनिवार्य रूप से निबाहें?? (६) बच्चों में पारिवारिक व्यवस्था...
- (४) जापान की तरह नीति अपनाने पर हमें क्या लाभ हो सकते हैं?...? (५) हमारे देश में बेकारी की समस्या फैलने के क्या कारण हैं? (६) ‘‘आराम हराम है, ’’ यह उक्ति हमें किस ...
- (४) तंबाकू स्वास्थ्य के लिए हानि क्या करता है?...? (५) तंबाकू खाने वाला अल्प जीवी क्यों होता है? (६) तंबाकू पीने वाले के आर्थिक व्यय पर प्रकाश डालिये? ...
- (४) तथा ‘जापान’ की तरह ही नीति अपनाने पर हमें क्या लाभ हो सकते हैं?...? (५) हमारे देश में ‘बेकारी हराम है’ यह युक्ति हमें किस प्रकार आर्थिक दुर्दशा में से उसे उबरने के लिए ...
- (४) तुलसी को औषधि के रूप में कैसे प्रयोग किया जा सकता है?...? (५) तुलसी की उपयोगिता पर एक लघु निबन्ध लिखें। (६) तुलसी के लाभ के ५ श्लोक सुनाओ और उनका अर्थ बताओ। (...
- (४) तुलसी को औषधि के रूप में कैसे प्रयोग किया जा सकता है?...? (५) तुलसी की उपयोगी पर एक लघु निबन्ध लिखें? (६) तुलसी के लाभों के पाँच श्लोक सुनाओ और उनका अर्थ बताओ...
- (४) थोड़े समय में अभीष्ट प्रगति करने का मूल मन्त्र क्या है?...? (५) एण्डरसन ने संसार की सभी भाषा कैसे सीखी? (६) क्या कारण है कि कुछ लोग जीवन में महान बन जाते हैं जब...
- (४) नागरिकता किसे कहते हैं?...? सार्वजनिक स्थानों पर लोग किस प्रकार गन्दगी फैलाते हैं? (५) मनुष्यता की आरम्भिक शिक्षा क्या है? (६) ई...
- (४) निर्दयता निवारक धारा के अनुसार पुलिस को क्या अधिकार दिये गये हैं?...? (५) घायल, अशक्त जानवरों के साथ किस प्रकार व्यवहार किया जाता है? (६) क्या हमें पक्षियों को निर्दयता प...
- (४) निर्दयता निवारक धारा के अनुसार पुलिस को क्या अधिकार दिये गये हैं?...? (५) घायल, अशक्त जानवरों के साथ किस प्रकार व्यवहार किया जाता है? (६) क्या हमें पक्षियों को निर्दयतापू...
- (४) पर्दा-प्रथा से क्या हानियाँ हैं?...? (५) भारतीय समाज ने नारी को अबला और अपंग क्यों बना रखा है? (६) नारी जाति का नृशंस अपमान क्या है? (७) ...
- (४) पाण्डवों ने मरणोन्मुख भीष्म पितामह से प्रश्न किया-वह देव कौन सा है जिसमें समस्त देवता समाहित हों?...? भीष्म बोले-आद्यशक्ति गायत्री! गायत्री की उपासना न कर किसी और देव को पूजता है वह ऐसा ही है जो अपने घर...
- (४) प्रत्येक संस्कार की उपादेयता पर प्रकाश डालिए?...? (५) पर्व और त्यौहार मनाने के पीछे हमारा प्रयोजन क्या होता है? (६) पर्वोत्सव एक वरदान हैं सिद्ध कीजिय...
- (४) प्राचीनकाल में छात्रों को ऋषिकुल में क्यों भेजा जाता था?...? (५) व्यक्तित्व की उत्कृष्टता किन-किन तत्त्वों पर निर्भर हैं? (६) स्वाध्याय क्यों आवश्यक है? (७) प्रे...
- (४) प्राचीनकाल में छात्रों को ऋषिकुल में क्यों भेजा जाता था?...? (५) व्यक्तित्व की उत्कृष्टता किन-किन तत्त्वों पर निर्भर है? (६) स्वाध्याय क्यों आवश्यक है? (७) प्रेर...
- (४) बाल-विवाह से उत्पन्न सन्तान किस तरह की होती है?...? (५) बाल-विवाह लड़की के लिए किस प्रकार घातक सिद्ध हो सकता है? (६) बाल-विवाह का मनोवैज्ञानिक प्रभाव लड़क...
- (४) भाग्यवाद का प्रचारक कौन था तथा उसका कारण क्या था?...? (५) विदेशी शासक भारतीय जनता पर किस प्रकार शासन किया करते थे? (६) भाग्यवाद से हमें विदेशी शासकों के र...
- (४) मनुष्य का आत्मिक स्तर विकसित होने की कौन सी दो कसौटियाँ है?...? (५) दुष्कर्म करने से हानि अपार है लाभ कुछ भी नहीं सिद्ध करें। (६) कानून में ऐसी कौन सी कमी है कि सही...
- (४) मनुष्य शरीर का जादू किसे कहते हैं, क्यों?...? (५) ‘‘विचार’’ शक्ति का आध्यात्मिकता से क्या सम्बन्ध है? (६) विचारों की परख किस तरह की जाये और उन्हें...
- (४) मनुष्यता एवं देश भक्ति का सहज प्रमाण क्या है?...? (५) मतभेद सुलझाने का सही तरीका क्या है? (६) उदात्त भावना का क्या तात्पर्य है? (७) अधिकार से अधिक कर्...
- (४) मनुष्यता का सच्चा स्वरूप किसमें है?...? (५) संभाषण में शिष्टाचार के नियम बताइये।...
- (४) मन्दिरों के निर्माण में इतनी अधिक धन सम्पत्ति लगाने का कारण क्या हो सकता है?...? (५) मन्दिरों में कथा प्रवचन किस हद तक सत्प्रवृत्तियों को जगाने में सहायक हैं? (६) मन्दिरों के पुजारी...
- (४) मन्दिरों के निर्माण में इतनी अधिक धन-सम्पत्ति लगाने का कारण क्या हो सकता है?...? (५) मन्दिरों में कथा-प्रवचन किस हद तक सत्प्रवृत्तियों को जगाने में सहायक हैं? (६) मन्दिरों के पुजारी...
- (४) मस्तिष्क में कामुकता का विचार भरने से हमें क्या हानियाँ है?...? (५) आज नारी जाति का किस प्रकार अपमान किया जा रहा है? (६) उपन्यास और चित्र-तस्वीरें आज किस तरह पेश की...
- (४) महँगाई के इस जमाने में नारी का क्या कर्तव्य हो जाता है?...? (५) उच्च शिक्षा कन्या के विवाह न होने के दो कारण बताइये? (६) उच्च शिक्षित कन्या को फिर किस तरह का जी...
- (४) महँगाई के इस जमाने में नारी का क्या कर्तव्य हो जाता है?...? (५) उच्च शिक्षित कन्या को शादी के बाद किस तरह का जीवन व्यतीत करना पड़ता है? (६) नारी के नेतृत्व से सम...
- (४) मानव अपनी शरीरचर्या किस प्रकार व्यतीत करता है?...? (५) जीवन मिला है तो उसका लाभ किस प्रकार लेना चाहिए? (६) जन्मदिन से बढ़कर और कोई त्यौहार व्यक्तिगत जीव...
- (४) यज्ञ की महिमा को बतलाइए?...? (५) यज्ञ शब्द का क्या अर्थ होता है? (६) यज्ञीय जीवन को अपनाने पर मानव महान् कैसे बन सकता है? (७) गाय...
- (४) यज्ञ की महिमा को बतलाइए?...? (५) यज्ञ शब्द का क्या अर्थ होता है? (६) यज्ञीय जीवन को अपनाने पर मानव महान् कैसे बन सकता है? (७) गाय...
- (४) यज्ञोपवीत संस्कार न कराने का कारण क्या है?...? (५) यज्ञोपवीत संस्कार को उसके स्थान पर पुनः प्रतिष्ठापित करने के लिए हमें क्या करना चाहिए? (६) यज्ञो...
- (४) यदि यह मान लिया जाय कि देवता पशुबलि से प्रसन्न होते होंगे तो उस ईश्वर का स्वरूप किस तरह का होगा (५) बलिदान की परिभाषा कीजिये?...? (६) पशुबलि के प्रचलन के क्या कारण हो सकते हैं? (७) क्या पशुबलि भारतीय देवताओं को प्रिय है? (८) पशुबल...
- (४) यदि यह मान लिया जाये कि देवता पशुबलि से प्रसन्न होते होंगे, तो उस ईश्वर का स्वरूप किस तरह का होगा?...? (५) बलिदान की परिभाषा कीजिए? (६) पशुबलि के प्रचलन के क्या कारण हो सकते हैं? (७) क्या पशुबलि भारतीय द...
- (४) योग का अर्थ क्या है?...? योग कितने प्रकार के होते हैं? (५) क्लेश एवं कलह मिटाने का क्या उपाय है? (६) सन्तानें किन लोगों की कुप...
- (४) योग का प्रयोजन और सदुपयोग क्या है?...? (५) ज्ञानयोग किस प्रकार बन्धन खोलता है? (६) कर्मयोग की व्याख्या करो? (७) सादगी श्रेष्ठता का निर्माण ...
- (४) योग का प्रयोजन और सदुपयोग क्या हैं?...? (५) ज्ञान योग किस प्रकार बन्धन खोलता है? (६) कर्मयोग की व्याख्या करो। (७) सादगी श्रेष्ठता का कैसे नि...
- (४) लोक-अनुदान का अधिकार किसे है और क्यों?...? (५) साधु-ब्राह्मणों में फैली बुराइयाँ बताओ? (६) लोक-मंगल में अभिरुचि नहीं वे साधु ब्राह्मण क्या करें...
- (४) लोक-अनुदान का अधिकार किसे है और क्यों?...? (५) साधु-ब्राह्मणों में फैली बुराइयाँ बताओ? (६) जिनकी लोकमंगल में अभिरुचि नहीं वे साधु-ब्राह्मण क्या...
- (४) वर्तमान शिक्षा प्रणाली के दोष बताइये?...? (५) शिक्षा में परिवर्तन जन सहयोग से कैसे सम्भव है? (६) युग निर्माण शिक्षा पद्धति पर प्रकाश डालिये। (८...
- (४) वर्तमान शिक्षा प्रणाली के दोष बताइये?...? (५) शिक्षा में परिवर्तन जन-सहयोग से कैसे सम्भव है? (६) युग-निर्माण योजना की शिक्षा-पद्धति पर प्रकाश ड...
- (४) वर्तमान समाज की प्रगति में कौन-सी कुरीतियाँ आड़े आ रही हैं?...? उनके उन्मूलन हेतु सुझाव दें।...
- (४) वर्तमान समाज की प्रगति में कौन-सी कुरीतियाँ आड़े आ रही हैे?...? उनके उन्मूलन हेतु सुझाव देवें (५) इस युग में बहादुर किस माना जायेगा (६) हमारे समाज के प्रमुख कलंक कौ...
- (४) विवाह योग साधना कैसे है?...? (५) सन्तान का सद्गुणी होना किन तत्त्वों पर निर्भर है? (६) छोटे घरों में स्वर्ग का वातावरण कैसे बनाया...
- (४) विवाहोत्सव कैसा होना चाहिए?...? विवाहोत्सव में होने वाले अपव्यय पर प्रकाश डालिये।...
- (४) विवाहोत्सव कैसा होना चाहिए?...? (५) विवाहोत्सव में होने वाले अपव्यय पर प्रकाश डालिए? (५) विवाहों की रूपरेखा किस तरह बनानी चाहिए? (६)...
- (४) विवाहोन्माद में होने वाले इस सारे अपव्यय का दोष बेटे वाले के सर पर क्यों थोपा जा रहा है?...? (५) हर बेटे वाला दहेज लेने के बाद भी घाटे में किस प्रकार रहता है? (६) यह आप किस तरह कह सकते हैं कि ब...
- (४) विवाहोन्माद में होने वाले इस सारे अपव्यय का दोष बेटे वाले के सिर पर क्यों थोपा जा रहा है?...? (५) हर बेटे वाला दहेज रहने के बाद भी घाटे में किस प्रकार रहता है? (६) यह आप किस तरह कह सकते हैं कि ब...
- (४) विवाहोन्माद से दोनों पक्षों को कैसे हानि होती है?...? (५) विवाह के भार का सामना करने के लिए समाज के विभिन्न अंग किस प्रकार की बेईमानी करते हैं? (६) यदि वि...
- (४) विवाहोन्माद से दोनों पक्षों को कैसे हानि होती हैं?...? (५) विवाह भार का सामना करने के लिए समाज के विभिन्न अंग किस-किस प्रकार की बेईमानी करते हैं? (६) यदि व...
- (४) व्यक्ति अपने को यदि अप्रसन्न समझता है तो क्यों?...? (५) प्रसन्नता किस प्रकार प्राप्त किया जा सकती है? (६) किस प्रकार की मनःस्थिति वाला व्यक्ति प्रसन्न र...
- (४) व्यक्ति की सुख शान्ति के लिए किन तत्त्वों की आवश्यकता है?...? (५) बच्चों को संस्कारवान् बनाने के लिये माता-पिता को क्या करना चाहिए। (६) गर्भवती के आस-पास कैसा वा...
- (४) शिक्षक को राष्ट्र निर्माता क्यों कहा जाता है?...? (५) अध्यापकों के प्रमुख कर्तव्य बताइये? (६) अध्यापक में क्या २ गुण होना चाहिए? (७) अध्यापक का रहन-स...
- (४) शिक्षक को राष्ट्र निर्माता क्यों कहा जाता है?...? (५) अध्यापकों के प्रमुख कर्तव्य बताइये? (६) अध्यापक में क्या-क्या गुण होना चाहिए? (७) अध्यापक का रहन...
- (४) शिखा संरक्षण का वैज्ञानिक महत्त्व किस प्रकार है सिद्ध कीजिए?...? (५) हमारे भारतीय तत्त्ववेत्ताओं ने इसकी उपयोगिता क्या बताई थी? (६) शिखा बन्धन का उद्देश्य क्या है? (७...
- (४) शिखा संरक्षण का वैज्ञानिक महत्त्व किस प्रकार है सिद्ध कीजिए?...? (५) हमारे भारतीय तत्त्ववेत्ताओं ने इसकी उपयोगिता क्या बताई थी? (६) शिखा बन्धन का उद्देश्य क्या है? (...
- (४) सन्तान के पालन-पोषण के अलावा मनुष्य के और क्या कर्तव्य हैं?...? (५) मनुष्य को सन्तान के स्वावलम्बी होने के बाद अन्य क्या कर्तव्य करते रहना चाहिए? (६) स्वावलम्बी सन्...
- (४) सद्गुण और अन्य गुणों में कौन-सा गुण श्रेष्ठ है?...? व क्यों? (५) दुर्गुणी व्यक्ति अपने स्वतः के लिए किस प्रकार हानिकारक है? (६) सच्चे अध्यापक और सच्चे अ...
- (४) सद्गुणों और अन्य गुणों में कौन-सा गुण श्रेष्ठ है?...? व क्यों? (५) दुर्गुणी व्यक्ति अपने स्वतः के लिये किस प्रकार हानिकारक है? (६) सच्चे अध्यापक और सच्चे ...
- (४) सद्बुद्धि के संस्थापन हेतु क्या किया जाना चाहिए?...? (५) ‘ज्ञान-यज्ञ’ अभियान से क्या समझते हो? इसके महत्त्व पर प्रकाश डालते हुए कार्य-पद्धति पर प्रकाश डा...
- (४) सद्बुद्धि के संस्थापन हेतु क्या किया जाना चाहिए?...? (५) ‘ज्ञानयज्ञ’ अभियान से क्या समझते हो।...
- (४) समय की पुकार क्या है?...? (५) शौर्य एवं साहस के साथ विवाहोन्माद के विरुद्ध आन्दोलन चलाना क्यों आवश्यक है। (६) ‘‘अनीति के विरुद...
- (४) समय की पुकार क्या है?...? (५) शौर्य एवं साहस के साथ विवाहोन्माद के विरुद्ध आन्दोलन चलना क्यों आवश्यक है? (६) ‘अनीति के विरुद्ध...
- (४) समाज के कई ऋण हमारे पर हैं इसे चुकाने के लिये हमें क्या करना चाहिए?...? (५) क्या हम अपना सारा समय, सारी सम्पत्ति देकर समाज का भला कर सकते हैं? (६) सामाजिक जीवन के उत्कर्ष क...
- (४) समाज सुधार के लिये क्या किया जाये (५) बुरे लोगों की प्रशंसा से आज क्या बुराइयाँ फैली हैं (६) अच्छाई को किस तरह प्रोत्साहित किया जाये (७) सम्पत्ति को प्रतिष्ठा मिलने से क्या हुआ?...? (८) दुष्टता के प्रतिरोध में क्या किया जाए? कथाएँ —— (१) तुर्की क्र प्रसिद्ध फकीर जकीर नदी के किनारे...
- (४) सरलता से उगने वाले कंद, मूल, फलों के नाम बताइये?...? (५) किसानों को शाक सब्जी क्यों उगाना चाहिए? (६) खाली जगहों का उपयोग शाक उगाने में कैसे किया जा सकता ...
- (४) सरलता से उगने वाले कंद, मूल, फलों के नाम बताओ?...? (५) किसानों को शाक-सब्जी क्यों उगाना चाहिए? (६) खाली जगहों का उपयोग शाक उगाने में कैसे किया जा सकता ...
- (४) सारे साधु यदि जीविका उपार्जन के लिए भिक्षा-वृत्ति के लिए साथ-साथ ही रचनात्मक कार्यक्रमों में जुट जायें, तो वे देश का भला किस प्रकार कर सकते हैंं, (५) भिखारियों से देश और समाज को कैसे हानि है, सिद्ध कीजिए?...? (६) विचारशील व्यक्तियों को भिक्षावृत्ति को समाप्त करने के लिए किस प्रकार का कार्य करना पड़ेगा? (७) हम...
- (४) सारे साधु यदि जीविका उपार्जन के लिये भिक्षा वृत्ति के साथ-साथ ही रचनात्मक कार्यक्रमों में जुट जायें तो वे देश का भला किस प्रकार कर सकते हैं?...? (५) भिखारियों से देश और समाज को कैसे हानि है सिद्ध कीजिये? (६) विचारशील व्यक्तियों को भिक्षा वृत्ति ...
- (४) सार्वजनिक स्वास्थ्य रोज-रोज गिरते जाने के कारण क्या हैं?...? (५) स्वास्थ्य रक्षा का नितान्त आवश्यकता क्यों है? (६) जिस दिन से शारीरिक श्रम का महत्त्व हमारी समझ म...
- (४) सिद्ध कीजिये माँसाहार मानव की प्रकृति के विरुद्ध है?...? (५) माँसाहार के विरुद्ध विदेशी डॉक्टरों के कथन देते हुए सिद्ध कीजिए कि असाध्य रोगों का कारण माँसाहार...
- (४) सुलभ आजीविका कैसे उपलब्ध हो?...? (५) मनुष्य के चिन्तन, चरित्र और व्यवहार में शालीनता का समावेश किस प्रकार बढ़ता चले? (६) परिवारों की ...
- (४) स्वास्थ्य की दृष्टि से भी जेवरों का पहनना हानिकारक है सिद्ध कीजिये?...? (५) जेवरों के बनवाने के कारण हमारे परिवारों को क्या हानियाँ होती हैं।...
- (४) स्व० प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री पार्लियामेण्ट से लौटकर आते तो घर की वाटिका में शाक-भाजी लगाते उसे पानी डालते गोड़ाई करते?...? नौकर ने कहा-श्रीमान् जी हम करेंगे यह काम आप क्यों करते हैं, इस पर शास्त्री ने कहा-उपदेश केवल वाणी से...
- (४) हम जिन्हें भूत-प्रेत आदि कहते हैं व उनसे डरते हैं वह वास्तव में क्या हैं तथा वस्तुस्थिति क्या है?...? (५) यदि कोई बीमारी आदि हो जाती है तो ओझाओं द्वारा उसे किस तरह का स्वरूप दिया जाता है? (६) यदि यह मान...
- (४) हम जिन्हें भूत-प्रेत आदि कहते हैं व उनसे डरते हैं, वह वास्तव में क्या हैं तथा वस्तुस्थिति क्या है?...? (५) यदि कोई बीमारी आदि हो जाती है, तो ओझाओं द्वारा उसे किस प्रकार का रूप दिया जाता है? (६) यदि यह मा...
- (४) हमारा सर्वोत्तम भोजन क्या है?...? (५) आहार में सबसे हानिकारक वस्तु क्या होती है? (६) तले व भुने पदार्थ स्वास्थ्य के लिये अहित कर क्यों...
- (४) हमारे देश के उस प्रकार उन्नति न कर सकने के क्या कारण है जिस प्रकार एक स्वतंत्र राष्ट्र के नाते हमारी उन्नति हो सकती थी?...? (५) राष्ट्रीय प्रगति और सामाजिक उन्नति के लिये नवयुवकों को क्या करना चाहिए? (६) राजनैतिक पार्टियों ...
- (४) हमें मनुष्यता के उत्तरदायित्व का मूल्य किस प्रकार चुकाना चाहिए?...? (५) लोक श्रद्धा के अधिकारी कौन-कौन हैं? (६) सन्त, सुधारक, शहीद, हम किस प्रकार के व्यक्तियों को कह सक...
- (४) हिन्दू जाति के घटते जाने का मूल कारण क्या है?...? (५) व्यायामशालाओं की आवश्यकता क्यों है? (६) दिन भर लोहा पीटने वाले लुहार की अपेक्षा दो घण्टे कसरत कर...
- (४) हिमालय के जानसर बाबर की प्रथा का वर्णन करो उपयोगिता बताओ?...? (५) नारी को हीन मानने के क्या दुष्परिणाम हुए? (६) विधवा को समान न्याय किस प्रकार मिल सकता है? (७) वि...
- (४) हिमालय के जानसर बावर की प्रथा का वर्णन करो, उपयोगिता बताओ?...? (५) नारी को हीन मानने से क्या दुष्परिणाम हुए? (६) विधवा को समान न्याय किस प्रकार मिल सकता है? (७) वि...
- (४) ‘‘माँ यह कौवा काला क्यों है’’ एक बच्चे ने छत पर बैठे कौवे की ओर इशारा करके अपनी माँ से पूछा-माँ बोली-बेटा जो भक्ष्य-अभक्ष्य का ध्यान दिये बिना चाहे जो खा जाये, चाहे जिसकी छीन कर खा जाये, कोई न हो तो चोरी कर ले इन सब कारनामों को तुम क्या कहोगे?...? ‘‘काली करतूत’’ बच्चे ने कहा। बस तो बेटा इसकी काली करतूतों के कारण ही भगवान ने इसे काला बनाया।...
- (५) अध्यापकों के प्रमुख कर्तव्य बताइये?...? (६) अध्यापक में क्या २ गुण होना चाहिए? (७) अध्यापक का रहन-सहन ‘‘सादा जीवन-उच्च विचार’’ पर आधारित क्...
- (५) अध्यापकों के प्रमुख कर्तव्य बताइये?...? (६) अध्यापक में क्या-क्या गुण होना चाहिए? (७) अध्यापक का रहन-सहन ‘सादा जीवन उच्च विचार ’पर आधारित क्...
- (५) अन्न की उपज बढ़ाने तथा खाद्य वस्तुओं में देश को आत्म निर्भर करने के लिये क्या प्रयत्न होने चाहिए?...? (३) स्वास्थ्य और मनोबल बढ़ाने के लिए किस तरह की कार्य प्रणाली अपनानी चाहिए? (७) लोक शिक्षण के लिए क्य...
- (५) अन्न की उपज बढ़ाने तथा खाद्य वस्तुओं में देश को आत्म-निर्भर करने के लिए क्या प्रयत्न होने चाहिए?...? (६) स्वास्थ्य और मनोबल बढ़ाने के लिए किस तरह की कार्य प्रणाली अपनानी चाहिए? (७) लोक शिक्षण के लिए क्य...
- (५) अपने कपड़े जो कि हम रोज व्यवहार में लाते हैं किस प्रकार स्वच्छ किये जाना चाहिए?...? (६) अपने घरों को अपने कमरों को किस प्रकार जमाना चाहिए? (७) मलमूत्र से सफाई रखने के लिए क्या उपाय कि...
- (५) आज नारी जाति का किस प्रकार अपमान किया जा रहा है?...? (६) उपन्यास और चित्र-तस्वीरें आज किस तरह पेश की जा रही हैं? (७) पवित्र नारी को निर्लज्ज वेश्या के रू...
- (५) आज भारतीय समाज की विचित्र दशा क्यों है क्या प्राचीनकाल में जाति भेद था?...? (६) वर्गभेद की संकीर्ण नीति से देश का क्या अहित हुआ है? (८) हिन्दू समाज संकीर्ण, अनुदार एवं अन्यायी ...
- (५) आज भारतीय समाज की विचित्र दशा क्यों है?...? क्या प्राचीनकाल में जाति भेद था? (६) वर्णभेद की संकीर्ण नीति से देश का क्या अहित हुआ है? (७) हिन्दू ...
- (५) आध्यात्मिक प्रगति के कौन-कौन से पक्ष हैं?...? (६) दिनचर्या बनाने व डायरी लिखने की आवश्यकता क्यों हैं? (७) ऋद्धि-सिद्धियों एवं सफलतायें पाने का रहस...
- (५) आहार में सबसे हानिकारक वस्तु क्या होती है?...? (६) तले व भुने पदार्थ स्वास्थ्य के लिये अहित कर क्यों होते हैं? (७) स्वास्थ्य के लिये कैसा वातावरण ज...
- (५) आहार हमें किस दृष्टि से ग्रहण करना चाहिए?...? (६) किस तरह की वस्तुएँ खानी चाहिए, किस तरह की नहीं।...
- (५) इस युग में बहादुर किसे माना जायेगा?...? (६) हमारे समाज के प्रमुख कलंक कौन से हैं? उनसे बचने के उपाय बताओ? (७) आगामी युग में कैसे परिवारों की...
- (५) इस समय स्त्री जाति कि तरह जीवन यापन कर रही है?...? (६) स्त्री जाति को उस अपमान भरे जीवन से निकाल कर ऊँचा उठाने के लिये पुरुषों को क्या करना चाहिए? (७)...
- (५) इस समय स्त्री जाति किस तरह जीवनयापन कर रही है?...? स्त्री-जाति को अपमान भरे जीवन से निकाल कर ऊँचा उठाने में सहायक ऐसे कौन-से आन्दोलन हैं, जिनमें स्त्री...
- (५) उच्च शिक्षा कन्या के विवाह न होने के दो कारण बताइये?...? (६) उच्च शिक्षित कन्या को फिर किस तरह का जीवन शादी के बाद व्यतीत करना पड़ता है? (७) नारी के नेतृत्व स...
- (५) उच्च शिक्षित कन्या को शादी के बाद किस तरह का जीवन व्यतीत करना पड़ता है?...? (६) नारी के नेतृत्व से समाज का क्या कल्याण होगा? (७) शिक्षित नारी के विवाह की कठिनाइयों को दूर करने ...
- (५) उपार्जन करने वाले लोग कौन से दायित्व अनिवार्य रूप से निबाहें?...? ? (६) बच्चों में पारिवारिक व्यवस्था के कौन से संस्कार डाले जायें? (७) घरेलू व्यवस्था में क्या सावधान...
- (५) एण्डरसन ने संसार की सभी भाषा कैसे सीखी?...? (६) क्या कारण है कि कुछ लोग जीवन में महान बन जाते हैं जब कि उन्हीं परिस्थितियों में अन्य व्यक्ति साम...
- (५) किसानों को शाक सब्जी क्यों उगाना चाहिए?...? (६) खाली जगहों का उपयोग शाक उगाने में कैसे किया जा सकता है? (७) हर जगह कौन-कौन से शाक उगायें जा सकते...
- (५) किसानों को शाक-सब्जी क्यों उगाना चाहिए?...? (६) खाली जगहों का उपयोग शाक उगाने में कैसे किया जा सकता हैं? (७) हर जगह कौन-कौन से शाक उगाये जा सकते...
- (५) क्या आवेशित व्यक्ति अपने स्वतः को भी पहुँचाता है?...? यरि हाँ तो किस तरह? (६) हमें अपना स्वभाव सन्तुलित बनाये रखने के लिये क्या-क्या उपाय करने चाहिए? (७)...
- (५) क्या मुक्ति आत्मा नाश का ही दूसरा नाम नहीं है?...? (६) चिरस्थाई आनन्द किसे कहते हैं? वह कैसे मिलता है।...
- (५) क्या यह ठीक है कि हमें सब कोई पर विश्वास करना ही चाहिए?...? नहीं तो क्यों? (६) इस समय देवत्व से असुरता का, सज्जनता से दुर्जनता का पलड़ा क्यों भारी है? (७) मित्रो...
- (५) क्या हम अपना सारा समय, सारी सम्पत्ति देकर समाज का भला कर सकते हैं?...? (६) सामाजिक जीवन के उत्कर्ष के लिये हमें क्या करना होगा? (७) आज के सामाजिक जीवन की सबसे बड़ी सेवा क्य...
- (५) क्लेश एवं कलह मिटाने का क्या उपाय है?...? (६) सन्तानें किन लोगों की कुपात्र नहीं होतीं? (७) विवाह की सफलता का आधार क्या है? (८) पाणिग्रहण की मह...
- (५) घायल, अशक्त जानवरों के साथ किस प्रकार व्यवहार किया जाता है?...? (६) क्या हमें पक्षियों को निर्दयता पूर्वक पिंजड़ों से बन्द करना चाहिए? क्यों? (७) क्या रेशम के कपड़े प...
- (५) घायल, अशक्त जानवरों के साथ किस प्रकार व्यवहार किया जाता है?...? (६) क्या हमें पक्षियों को निर्दयतापूर्वक पिंजड़ों में बन्द करना चाहिए? (७) क्या रेशम के कपड़े पहनना ठी...
- (५) जीवन मिला है तो उसका लाभ किस प्रकार लेना चाहिए?...? (६) जन्म दिन से बढ़कर और कोई त्यौहार व्यक्तिगत जीवन में क्यों नहीं है? (७) जन्म दिन किस प्रकार मनाया ...
- (५) जीवन मिला है तो उसका लाभ किस प्रकार लेना चाहिए?...? (६) जन्मदिन से बढ़कर और कोई त्यौहार व्यक्तिगत जीवन में क्यों नहीं है? (७) जन्मदिन किस प्रकार मनाया जा...
- (५) ज्ञान योग किस प्रकार बन्धन खोलता है?...? (६) कर्मयोग की व्याख्या करो। (७) सादगी श्रेष्ठता का कैसे निर्माण करती है? (८) भक्ति योग का क्या अर्थ...
- (५) ज्ञानयोग किस प्रकार बन्धन खोलता है?...? (६) कर्मयोग की व्याख्या करो? (७) सादगी श्रेष्ठता का निर्माण कैसे करती है? (८) भक्तियोग का क्या अर्थ ...
- (५) तंबाकू खाने वाला अल्प जीवी क्यों होता है?...? (६) तंबाकू पीने वाले के आर्थिक व्यय पर प्रकाश डालिये? (७) तंबाकू के व्यसन से राष्ट्रीय क्षति कितनी ह...
- (५) तुलसी की उपयोगी पर एक लघु निबन्ध लिखें?...? (६) तुलसी के लाभों के पाँच श्लोक सुनाओ और उनका अर्थ बताओ? (७) तुलसी चरणामृत क्यों आवश्यक है? (८) तुल...
- (५) दुर्गुणी व्यक्ति अपने स्वतः के लिए किस प्रकार हानिकारक है?...? (६) सच्चे अध्यापक और सच्चे अभिभावक कौन कहे जा सकते हैं? (७) क्या आप बता सकते है कि आज के होनहार बालक...
- (५) दुर्गुणी व्यक्ति अपने स्वतः के लिये किस प्रकार हानिकारक है?...? (६) सच्चे अध्यापक और सच्चे अभिभावक कौन कहे जा सकते हैं? किस आधार पर? (७) क्या आप बता सकते हैं कि आज ...
- (५) दो हजार वर्ष की गुलामी का भयंकर दुष्परिणाम क्या हुआ?...? (६) सिद्ध कीजिये ‘‘भाग्यवाद निरर्थक है?’’ (७) उन्नति या प्रगति का आधार स्वतन्त्र चेतना है या भाग्य? ...
- (५) दो हजार वर्ष की गुलामी का भयंकर दुष्परिणाम क्या हुआ?...? (६) सिद्ध कीजिए ‘‘भाग्यवाद निरर्थक है।...
- (५) नारी को हीन मानने के क्या दुष्परिणाम हुए?...? (६) विधवा को समान न्याय किस प्रकार मिल सकता है? (७) विधवा विवाह के लिये क्या आवश्यक है? (८) विधवाओं ...
- (५) नारी को हीन मानने से क्या दुष्परिणाम हुए?...? (६) विधवा को समान न्याय किस प्रकार मिल सकता है? (७) विधवा विवाह के लिए क्या आवश्यक है? (८) विधवाओं क...
- (५) नासमझ वर्ग के लोगों के दिमाग में क्या बात घर कर गई है?...? (६) अमीरी न होते हुए भी अमीरी वे किस तरह व्यक्त करते हैं? (७) विवाहों के अवसर पर अमीरी दिखने की उत्क...
- (५) पर्व और त्यौहार मनाने के पीछे हमारा प्रयोजन क्या होता है?...? (६) पर्वोत्सव एक वरदान हैं सिद्ध कीजिये? (७) पर्व और त्यौहार समाज शिक्षण की आवश्यकता किस प्रकार पूरी...
- (५) प्रजातंत्र युग में सहकारिता का महत्त्व कहाँ तक है?...? (६) कृषि, व्यवसाय, उत्पादन, उद्योग आदि में भी सहकारिता का महत्त्व कहाँ तक है? (७) युग निर्माण योजना ...
- (५) प्रसन्नता किस प्रकार प्राप्त किया जा सकती है?...? (६) किस प्रकार की मनःस्थिति वाला व्यक्ति प्रसन्न रह सकता है? (७) किस प्रकार की मनःस्थिति वाला व्यक्त...
- (५) बलिदान की परिभाषा कीजिए?...? (६) पशुबलि के प्रचलन के क्या कारण हो सकते हैं? (७) क्या पशुबलि भारतीय देवताओं को प्रिय है? (८) पशुबल...
- (५) बाल-विवाह लड़की के लिए किस प्रकार घातक सिद्ध हो सकता है?...? (६) बाल-विवाह का मनोवैज्ञानिक प्रभाव लड़कियों पर किस प्रकार बुरा पड़ता है? (७) बड़ी आयु में लड़कियाँ दाम...
- (५) बड़ी दावतों से क्या हानि है?...? (६) जूठन छोड़ना अन्नदेव का अपमान करना है? सिद्ध कीजिए? (७) जूठन खाने से स्वाभिमान व स्वास्थ्य दोनों ग...
- (५) बड़ी दावतों से क्या हानि है?...? (६) जूठन खाने से स्वाभिमान व स्वास्थ्य दोनों गिरते हैं? सिद्ध कीजिए। (७) भोजन परोसने में क्या सावधान...
- (५) भारत में साधु संन्यासियों की संख्या का सदुपयोग कैसे किया जा सकता है?...? (६) भारत में धार्मिक कार्यों पर होने वाले व्यय पर प्रकाश डालते हुए उसके सदुपयोग की योजना प्रस्तुत कर...
- (५) भारत में साधु-संन्यासियों की संख्या का सदुपयोग कैसे किया जा सकता है?...? (६) भारत में धार्मिक कार्यों पर होने वाले व्यय पर प्रकाश डालते हुए उसके सदुपयोग की योजना प्रस्तुत कर...
- (५) भारतीय समाज ने नारी को अबला और अपंग क्यों बना रखा है?...? (६) नारी जाति का नृशंस अपमान क्या है? (७) आज हमारे समाज की हालात कैसी है? (८) सिद्ध कीजिए की अविकसित...
- (५) भिखारियों से देश और समाज को कैसे हानि है सिद्ध कीजिये?...? (६) विचारशील व्यक्तियों को भिक्षा वृत्ति को समाप्त करने के लिए किस प्रकार का कार्य करना पड़ेगा? (७) ह...
- (५) मतभेद सुलझाने का सही तरीका क्या है?...? (६) उदात्त भावना का क्या तात्पर्य है? (७) अधिकार से अधिक कर्तव्य का महत्त्व क्यों है? (८) जापान स्थि...
- (५) मनुष्य के चिन्तन, चरित्र और व्यवहार में शालीनता का समावेश किस प्रकार बढ़ता चले?...? (६) परिवारों की वर्तमान संरचना में क्या सुधार-परिवर्तन किया जाए? (७) शारीरिक और मानसिक रुग्णता से सु...
- (५) मनुष्य को सदाचार से किस तरह प्रशिक्षित किया जाय?...? (६) सदाचार और समाज सुधार के रचनात्मक कार्यक्रम बताओ। (७) सिद्ध करो अनीति करने की तरह अनीति सहना भी प...
- (५) मनुष्य को सदाचार से किस तरह प्रशिक्षित किया जाय?...? (६) सदाचार और समाज सुधार के रचनात्मक कार्यक्रम बताओ? (७) सिद्ध करो कि अनीति करने की तरह अनीति सहना भ...
- (५) मनुष्य को सन्तान के स्वावलम्बी होने के बाद अन्य क्या कर्तव्य करते रहना चाहिए?...? (६) स्वावलम्बी सन्तान को अपनी बची खुची सम्पत्ति किस प्रकार अपराध है? (७) प्राचीनकाल में सन्तान किस प...
- (५) मनुष्यता की आरम्भिक शिक्षा क्या है?...? (६) ईश्वर भक्त से भी पहले नागरिक मर्यादाओं एवं जिम्मेदारियों को क्यों निभाना चाहिए? (७) मनुष्य का प...
- (५) मनोरंजन की सुरुचिपूर्ण योजनाएँ किस प्रकार चलाई जा सकती हैं?...? (६) वर्तमान फिल्मों में क्या त्रुटियाँ हैं फिल्म उद्योग का उपयोग सत्प्रवृत्तियों की प्रसन्नता हेतु क...
- (५) मनोरंजन की सुरुचिपूर्ण योजनाएँ किस प्रकार चलाई जा सकती हैं?...? (६) वर्तमान फिल्मों में क्या त्रुटियाँ हैं, फिल्म उद्योग का उपयोग सद्प्रवृत्तियों की प्रसन्नता हेतु ...
- (५) मन्दिरों में कथा प्रवचन किस हद तक सत्प्रवृत्तियों को जगाने में सहायक हैं?...? (६) मन्दिरों के पुजारी किस तरह के व्यक्ति होते हैं? (७) आज के मन्दिरों के रूप कार्यों पर प्रकाश डालि...
- (५) मन्दिरों में कथा-प्रवचन किस हद तक सत्प्रवृत्तियों को जगाने में सहायक हैं?...? (६) मन्दिरों के पुजारी किस तरह के व्यक्ति होते हैं? (७) आज के मन्दिरों के रूप, कार्यों पर प्रकाश डाल...
- (५) मानव का सबसे बड़ा शत्रु कौन है?...? उनसे कैसे बचा जाय? (६) महान बनने का सर्वश्रेष्ठ साधना क्या है? (७) प्रगति का रहस्य क्या है? (८) निरन...
- (५) मित्रता का स्वर्णिम सूत्र क्या है?...? (६) विद्यार्थियों को ब्रह्मचर्य व्रत का पालन क्यों आवश्यक है? (७) आतंकवादी असुर प्रवृत्ति किसे कहते ...
- (५) मृत्यु टैक्स क्यों लगाया जाता है?...? (६) हिन्दू समाज की सर्वाधिक भ्रमपूर्ण मान्यता क्या है? (७) बदली हुई परिस्थितियों में मृतक भोज अनावश्...
- (५) मृत्यु टैक्स क्यों लगाया जाता है?...? (६) हिन्दू समाज की सर्वाधिक भ्रमपूर्ण मान्यता क्या है? (७) बदली हुई परिस्थितियों में मृतक भोज अनावश्...
- (५) यज्ञ शब्द का क्या अर्थ होता है?...? (६) यज्ञीय जीवन को अपनाने पर मानव महान् कैसे बन सकता है? (७) गायत्री यज्ञ आन्दोलन सामाजिक जीवन को यज...
- (५) यज्ञ शब्द का क्या अर्थ होता है?...? (६) यज्ञीय जीवन को अपनाने पर मानव महान् कैसे बन सकता है? (७) गायत्री यज्ञ आन्दोलन सामाजिक जीवन को यज...
- (५) यज्ञोपवीत संस्कार को उसके स्थान पर पुनः प्रतिष्ठापित करने के लिए हमें क्या करना चाहिए?...? (६) यज्ञोपवीत के ९ धागे किन-किन सद्गुणों के प्रतीक हैं? (७) यज्ञोपवीत गायत्री माता का स्वरूप क्यों म...
- (५) यज्ञोपवीत संस्कार को उसके स्थान पर पुनः प्रतिष्ठापित करने के लिये हमें क्या करना चाहिए?...? (६) यज्ञोपवीत के ९ धागे किन-किन सद्गुणों के प्रतीक है? (७) यज्ञोपवीत गायत्री माता का स्वरूप क्यों मा...
- (५) यदि कोई बीमारी आदि हो जाती है तो ओझाओं द्वारा उसे किस तरह का स्वरूप दिया जाता है?...? (६) यदि यह मान लिया जाये कि भूत-प्रेत हैं तो शिक्षित समाज पर उसका प्रभाव न होना क्या सिद्ध करता है? ...
- (५) यदि कोई बीमारी आदि हो जाती है, तो ओझाओं द्वारा उसे किस प्रकार का रूप दिया जाता है?...? (६) यदि यह मान लिया जाए कि भूत-प्रेत हैं तो शिक्षित समाज पर उनका प्रभाव न होना क्या सिद्ध करता है? (...
- (५) राजनैतिक क्रान्ति के बाद सबसे पहली आवश्यकता क्या है?...? (६) युग निर्माण योजना द्वारा संचालित ‘‘ज्ञानयज्ञ’’ की कार्य पद्धति को समझाइए? (७) इस ज्ञान यज्ञ की प...
- (५) राजनैतिक क्रान्ति के बाद सबसे पहली आवश्यकता क्या है?...? (६) युग-निर्माण योजना द्वारा संचालित ‘ज्ञान-यज्ञ’ की कार्य पद्धति को समझाइए? (७) इस ज्ञान यज्ञ की प्...
- (५) राजा दिलीप ने गौ की सेवा क्यों की थी?...? (६) बैल की उपयोगिता पर प्रकाश डालिये (७) गोवर्धन पूजा का महत्त्व स्पष्ट कीजिये। (८) गौवंश नष्ट होने ...
- (५) राजा दिलीप ने गौ की सेवा क्यों की थी?...? (६) बैल की उपयोगिता पर प्रकाश डालिए। (७) गावर्धन पूजा का महत्त्व स्पष्ट कीजिए। (८) गौ-वंश नष्ट होने ...
- (५) राष्ट्रीय प्रगति और सामाजिक उन्नति के लिये नवयुवकों को क्या करना चाहिए?...? (६) राजनैतिक पार्टियों के कार्यकर्ता किस प्रकार अपना समय व्यय कर देते हैं? (७) ऐसे कौन से १० सूत्री ...
- (५) लोक श्रद्धा के अधिकारी कौन-कौन हैं?...? (६) सन्त, सुधारक, शहीद, हम किस प्रकार के व्यक्तियों को कह सकते हैं? (७) अनीति का प्रतिकार करो।...
- (५) वन्य प्रदेश में वर्षा अधिक क्यों होती है?...? (६) वनों से नेत्रों की तेजी बढ़ती है- सिद्ध करो।...
- (५) वर्तमान परिस्थितियों से मतदान करते हैं?...? क्यों? (५) वर्तमान परिस्थितियों से मतदान का अधिकार सीमित करना क्यों आवश्यक है? (६) शासकीय कर्मचारी अ...
- (५) वर्तमान परिस्थितियों से मतदान का अधिकार सीमित करना क्यों आवश्यक है?...? (६) शासकीय कर्मचारी अशिष्टता व भ्रष्टाचार, आचरण एवं अवरोध वृत्ति के शिकार क्यों बनते जा रहे है? (७) ...
- (५) वानप्रस्थाश्रम में मनुष्य घर के लिये क्या काम करता रहता था?...? (६) वानप्रस्थाश्रम में मनुष्य समाज के लिए किस प्रकार लाभ दायक होता था? (७) अन्तिम आश्रम क्या है तथा ...
- (५) विदेशी शासक भारतीय जनता पर किस प्रकार शासन किया करते थे?...? (६) भाग्यवाद से हमें विदेशी शासकों के राज्य के समय क्या हानियाँ उठानी पड़ी? (७) यह आप कैसे कह सकते है...
- (५) विवाह की आयु में वृद्धि क्यों आवश्यक है?...? (६) वानप्रस्थ आश्रम का पुनः प्रारम्भ किस लिये जरूरी है? (७) जनसंख्या कम करने के व्यावहारिक उपाय क्या...
- (५) विवाह के भार का सामना करने के लिए समाज के विभिन्न अंग किस प्रकार की बेईमानी करते हैं?...? (६) यदि विवाह में कम खर्च किया जाय तो समाज को क्या लाभ होगा? (७) बढ़ी हुई आमदनी को लाभ क्यों नहीं मिल...
- (५) विवाह भार का सामना करने के लिए समाज के विभिन्न अंग किस-किस प्रकार की बेईमानी करते हैं?...? (६) यदि विवाह में कम खर्च किया जाय तो समाज को क्या लाभ होगा? (७) बढ़ी हुई आमदनी का लाभ क्यों नहीं मिल...
- (५) विवाहों की रूपरेखा किस तरह बनानी चाहिए?...? (६) आभूषण क्यों आवश्यक हैं? (७) विवाह में लड़के व लड़की वालों की मनोभूमि कैसी होती है? (८) कृतज्ञ किसे...
- (५) विवाहों की रूपेरखा किस तरह की बनानी चाहिए?...? (६) आभूषण क्यों आवश्यक हैं? (७) विवाह में लड़के व लड़की वालों की मनोभूमि कैसे होती है? (८) कृतज्ञ किसे...
- (५) विवाहोत्सव में होने वाले अपव्यय पर प्रकाश डालिए?...? (५) विवाहों की रूपरेखा किस तरह बनानी चाहिए? (६) आभूषण क्यों आवश्यक हैं? (७) विवाह में लड़के व लड़की वा...
- (५) व्यक्ति धनवान किस प्रकार बन सकता है?...? (६) सामान्य आजीविका से भी अपना खर्च किस प्रकार चलाया जा सकता है? (७) अपना बजट हमें किस प्रकार का बना...
- (५) व्यक्तित्व की उत्कृष्टता किन-किन तत्त्वों पर निर्भर है?...? (६) स्वाध्याय क्यों आवश्यक है? (७) प्रेरक साहित्य के अध्ययन से क्या लाभ हैं? (८) स्वाध्याय के लिए कै...
- (५) व्यक्तित्व की उत्कृष्टता किन-किन तत्त्वों पर निर्भर हैं?...? (६) स्वाध्याय क्यों आवश्यक है? (७) प्रेरक साहित्य के अध्ययन से क्या लाभ है? (८) स्वाध्याय के लिए कैस...
- (५) व्यायामशालाओं की आवश्यकता क्यों है?...? (६) दिन भर लोहा पीटने वाले लुहार की अपेक्षा दो घण्टे कसरत करने वाला पहलवान अधिक ताकतवर क्यों होता है...
- (५) शिक्षा में परिवर्तन जन सहयोग से कैसे सम्भव है?...? (६) युग निर्माण शिक्षा पद्धति पर प्रकाश डालिये। (८) छात्रों द्वारा सीखे जाने वाले गृह उद्योगों पर प्...
- (५) शिक्षा में परिवर्तन जन-सहयोग से कैसे सम्भव है?...? (६) युग-निर्माण योजना की शिक्षा-पद्धति पर प्रकाश डालिए? (७) युग निर्माण विद्यालय की कार्य-प्रणाली पर...
- (५) शौर्य एवं साहस के साथ विवाहोन्माद के विरुद्ध आन्दोलन चलना क्यों आवश्यक है?...? (६) ‘अनीति के विरुद्ध भगवान की अवज्ञा की जा सकती है।’ इससे क्या समझते हो? (७) विवाह के सम्बन्ध में य...
- (५) सत्याग्रही स्वयं सेवक सेना से क्या समझते हो?...? (६) विवाहोन्माद के प्रतिरोध के लिये नयी पीढ़ी को क्या करना चाहिए? (७) सामूहिक विवाह करने से क्या लाभ ...
- (५) सत्याग्रही स्वयं सेवक सेना से क्या समझते हो?...? (६) विवाहोन्माद के प्रतिरोध के लिए नई पीढ़ी को क्या करना चाहिए? (७) सामूहिक विवाह करने से क्या लाभ है...
- (५) सन्तान का सद्गुणी होना किन तत्त्वों पर निर्भर है?...? (६) छोटे घरों में स्वर्ग का वातावरण कैसे बनाया जा सकता है! (७) पत्नीव्रत की आवश्यकता पतिव्रत से अधिक...
- (५) साधु-ब्राह्मणों में फैली बुराइयाँ बताओ?...? (६) लोक-मंगल में अभिरुचि नहीं वे साधु ब्राह्मण क्या करें? (७) साधु-ब्राह्मण समाजोत्थान और देश की प्र...
- (५) साधु-ब्राह्मणों में फैली बुराइयाँ बताओ?...? (६) जिनकी लोकमंगल में अभिरुचि नहीं वे साधु-ब्राह्मण क्या करें? (७) साधु-ब्राह्मण समाजोत्थान और देश क...
- (५) स्वास्थ्य रक्षा का नितान्त आवश्यकता क्यों है?...? (६) जिस दिन से शारीरिक श्रम का महत्त्व हमारी समझ में आ जावेगी हमें क्या लाभ होगा? (७) मेहनत न करने क...
- (५) हमारे देश में बेकारी की समस्या फैलने के क्या कारण हैं?...? (६) ‘‘आराम हराम है, ’’ यह उक्ति हमें किस प्रकार आर्थिक दुर्दशा से उबरने के लिए पतवार का काम कर सकती ...
- (५) हमारे देश में ‘बेकारी हराम है’ यह युक्ति हमें किस प्रकार आर्थिक दुर्दशा में से उसे उबरने के लिए पतवार का काम कर सकती है?...? (७) शिक्षित नारी भी किस विधि से आर्थिक स्थिति सुधारने में मदद दे सकती है? (८) शिक्षित युवकों की बेका...
- (५) हमारे भारतीय तत्त्ववेत्ताओं ने इसकी उपयोगिता क्या बताई थी?...? (६) शिखा बन्धन का उद्देश्य क्या है? (७) शिखा रखवाने के लिये किस तरह का उपाय करना चाहिए! प्रश्न —— (१...
- (५) हमारे भारतीय तत्त्ववेत्ताओं ने इसकी उपयोगिता क्या बताई थी?...? (६) शिखा बन्धन का उद्देश्य क्या है? (७) शिखा रखवाने के लिए किस तरह का उपाय करना चाहिए? यज्ञोपवीत धार...
- (५) हमें अपने परिवार को किस प्रकार की आदत डालनी चाहिए?...? (६) निराकार गायत्री की उपासना करने वाले को वह किस प्रकार से करनी पड़ती है? (७) यज्ञ का विज्ञान से किस...
- (५) हमें अपने परिवार को किस प्रकार की आदत डालनी चाहिए?...? (६) निराकार गायत्री की उपासना करने वाले को वह किस प्रकार से करनी पड़ती है? (७) यज्ञ से मनुष्य को क्या...
- (५) हर बेटे वाला दहेज रहने के बाद भी घाटे में किस प्रकार रहता है?...? (६) यह आप किस तरह कह सकते हैं कि बेटे वाला दया का पात्र है? (७) इस आदर्शवादी विवाह पद्धति में बेटे व...
- (५) हर बेटे वाला दहेज लेने के बाद भी घाटे में किस प्रकार रहता है?...? (६) यह आप किस तरह कह सकते हैं कि बेटे वाला दया का पात्र है? (७) इस आदर्शवादी विवाह पद्धति में बेटे व...
- (५) हिम्मत वाले की सभी कोई सहायता करते हैं किस तरह?...? (६) मनुष्य क्या प्रयत्न न करे तो ओछा का ओछा बना रहेगा? (७) अनुचित कही जाने वाली क्या दुष्प्रथाएँ हमा...
- (५) ‘ज्ञान-यज्ञ’ अभियान से क्या समझते हो?...? इसके महत्त्व पर प्रकाश डालते हुए कार्य-पद्धति पर प्रकाश डालें। (६) ज्ञान-यज्ञ का प्रयोजन समझायें? (७...
- (५) ‘‘विचार’’ शक्ति का आध्यात्मिकता से क्या सम्बन्ध है?...? (६) विचारों की परख किस तरह की जाये और उन्हें कैसे सुधारा जाए? (७) आत्मलोचन क्यों आवश्यक है? (८) बुरे...
- (६) अध्यापक में क्या २ गुण होना चाहिए?...? (७) अध्यापक का रहन-सहन ‘‘सादा जीवन-उच्च विचार’’ पर आधारित क्यों होना चाहिए? (८) उपदेश नहीं चरित्र क...
- (६) अध्यापक में क्या-क्या गुण होना चाहिए?...? (७) अध्यापक का रहन-सहन ‘सादा जीवन उच्च विचार ’पर आधारित क्यों होना चाहिए? (८) उपदेश नहीं चरित्र का क...
- (६) अपने घरों को अपने कमरों को किस प्रकार जमाना चाहिए?...? (७) मलमूत्र से सफाई रखने के लिए क्या उपाय किये जाना चाहिए? (८) स्वच्छ रहने का प्रतिफल हमें क्या मिले...
- (६) अपरिचित व्यक्ति से मिलने पर कैसा व्यवहार करना चाहिए?...? (७) बच्चों को शिष्टाचारी बनाने का उपाय क्या है? (८) जीवन की प्रथम परीक्षा में उत्तीर्ण होने का उपाय ...
- (६) अमीरी न होते हुए भी अमीरी वे किस तरह व्यक्त करते हैं?...? (७) विवाहों के अवसर पर अमीरी दिखने की उत्कंठा चरम सीमा पर पहुँच जाती है? कैसे? (८) अमीरी प्रदर्शित क...
- (६) आभूषण क्यों आवश्यक हैं?...? (७) विवाह में लड़के व लड़की वालों की मनोभूमि कैसे होती है? (८) कृतज्ञ किसे होना चाहिए व क्यों? (९) आज ...
- (६) आभूषण क्यों आवश्यक हैं?...? (७) विवाह में लड़के व लड़की वालों की मनोभूमि कैसी होती है? (८) कृतज्ञ किसे होना चाहिए व क्यों? (९) आज ...
- (६) इस समय देवत्व से असुरता का, सज्जनता से दुर्जनता का पलड़ा क्यों भारी है?...? (७) मित्रों के रूप में शत्रुता करना इस युग का नया फैशन है।...
- (६) ईश्वर दर्शन किसे कहते हैं?...? वह किन्हें होता है (७) अधिकांश लोग किस प्रकार के कर्मकाण्डों से आत्म-सन्तोष किये बैठें? क्या उनसे कुछ...
- (६) ईश्वर भक्त से भी पहले नागरिक मर्यादाओं एवं जिम्मेदारियों को क्यों निभाना चाहिए?...? (७) मनुष्य का प्रामाणिक एवं नैतिक कर्तव्य क्या है? (८) समय की बरबादी धन की बरबादी से भी अधिक अहित कर...
- (६) उच्च शिक्षित कन्या को फिर किस तरह का जीवन शादी के बाद व्यतीत करना पड़ता है?...? (७) नारी के नेतृत्व से समाज का क्या कल्याण होगा? (८) शिक्षित नारी के विवाह की कठिनाइयों को दूर करने ...
- (६) उदात्त भावना का क्या तात्पर्य है?...? (७) अधिकार से अधिक कर्तव्य का महत्त्व क्यों है? (८) जापान स्थित अमेरिकन फैक्टरियों के श्रमिकों ने का...
- (६) उपन्यास और चित्र तस्वीरें आज किस तरह पेश की जा रही हैं (७) पवित्र नारी को निर्लज्ज वेश्या के रूप में पेश करने में कौन-कौन से उद्योग बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं?...? (८) इस समय नारियों को क्या करना चाहिए पर वे क्या कर रही हैं? (९) अश्लीलता की बाढ़ से समाज को बनाये र...
- (६) उपन्यास और चित्र-तस्वीरें आज किस तरह पेश की जा रही हैं?...? (७) पवित्र नारी को निर्लज्ज वेश्या के रूप में पेश करने में कौन-कौन से उद्योग बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं?...
- (६) एक अँगरेज ने गाँधीजी से पूछा आपके यहाँ इतने अधिक व्रत त्यौहार मनाये जाते हैं फिर भी लोग सुखी क्यों नहीं?...? गाँधीजी ने पूछा-लोग त्यौहार नहीं मानते लकीर पीटते हैं। हमारे पर्व या त्यौहार तो कोई एक भी अच्छी तरह ...
- (६) एक जापानी से एक हिन्दुस्तानी ने पूछा-हमारा देश खनिजों की दृष्टि से ज्यादा समृद्ध है पर उन्नति आप लोग कर रहे हैं यह क्यों?...? जापानी ने उत्तर दिया हम मेहनत करना जानते हैं। उद्योग करना जानते हैं आपके देश से एक रुपये का (कच्चा ल...
- (६) एक मनुष्य ने अरस्तू से पूछा सबसे मूर्ख मनुष्य कौन है-अरस्तू ने कहा-जो पिछले अनुभवों के आधार पर अपना जीवन नहीं सुधारता?...?
(१३) स्वाध्याय दैनिक जीवन की अनिवार्य आवश्यकता प्रश्न —— (१) सिद्ध कीजिये कि मनुष्य सम्वेदनशील प...
- (६) एक साधु कह रहे थे शिखा देव शक्तियों से सम्पर्क का माध्यम एरियल है इस पर एक नास्तिक सज्जन हँसे और बोले चोटी सन्देश और प्रेरणाएँ कैसे ग्रहण कर सकती हैं साधु ने कहा-निर्जीव लोहे का एरियल पकड़ सकता है तो चोटी क्यों नहीं पकड़ सकतीं?...? उन्होंने कहा-एरियल का सम्बन्ध तो यन्त्र से, रेडियो से होता है। साधु बोले-यह शरीर किसी रेडियो से कम ह...
- (६) कर्मयोग की व्याख्या करो?...? (७) सादगी श्रेष्ठता का निर्माण कैसे करती है? (८) भक्तियोग का क्या अर्थ है? (९) वसुधैव कुटुम्बकम् की ...
- (६) कानून में ऐसी कौन सी कमी है कि सही अपराधी पकड़ में ही नहीं आते?...? (७) उन्नतिशील बनने का रहस्य क्या है? (८) अनैतिक व्यक्ति को लोग प्यार क्यों नहीं करते? (९) सामाजिक ति...
- (६) किस प्रकार की मनःस्थिति वाला व्यक्ति प्रसन्न रह सकता है?...? (७) किस प्रकार की मनःस्थिति वाला व्यक्ति अप्रसन्न रहते है? (८) हमेशा हँसते-हँसाते रहने वाले व्यक्ति ...
- (६) कृषि, व्यवसाय, उत्पादन, उद्योग आदि में भी सहकारिता का महत्त्व कहाँ तक है?...? (७) युग निर्माण योजना इस समय सहकारिता का युग स्थापित करने के लिए क्या प्रयत्न कर रही है? (८) सामाजिक...
- (६) क्या ऐसे कोई कारण हैं कि जिनके आधार पर हमें यह जेवरों को भोंडा फैशन छोड़ना चाहिए?...? (७) जेवरों से खुद हमें क्या हानियाँ होती है? (८) जेवर प्रथा बन्द होने से विवाहों की अवस्था में क्या ...
- (६) क्या कारण है कि कुछ लोग जीवन में महान बन जाते हैं जब कि उन्हीं परिस्थितियों में अन्य व्यक्ति सामान्य बने रहते हैं?...? (७) नियमित एवं निरन्तर काम करने से क्या लाभ है? (८) आदर्श दिनचर्या बनाइये? (९) लगन एवं मनोयोग से ही ...
- (६) क्या हमें पक्षियों को निर्दयता पूर्वक पिंजड़ों से बन्द करना चाहिए?...? क्यों? (७) क्या रेशम के कपड़े पहनना ठीक है नहीं तो क्यों? (८) कस्तूरी, चँवर, मोती, बालों वाले बच्चों ...
- (६) क्या हमें पक्षियों को निर्दयतापूर्वक पिंजड़ों में बन्द करना चाहिए?...? (७) क्या रेशम के कपड़े पहनना ठीक है नहीं तो क्यों? (८) कस्तूरी, चँवर, मोती, बालों वाले बच्चों के कोट,...
- (६) खाली जगहों का उपयोग शाक उगाने में कैसे किया जा सकता है?...? (७) हर जगह कौन-कौन से शाक उगायें जा सकते हैं? (८) फूलों-उत्पादन से क्या लाभ है? (९) पौध एवं नर्सरी ल...
- (६) खाली जगहों का उपयोग शाक उगाने में कैसे किया जा सकता हैं?...? (७) हर जगह कौन-कौन से शाक उगाये जा सकते हैं? (८) फूलोत्पादन से क्या लाभ हैं? (१०) हरित-क्रान्ति से क...
- (६) गाँधी जी सलाह पर एक नशा विरोधी प्रदर्शनी लगाई गई एक सज्जन ने पूछा-बापू इससे कितने लोग नशेबाजी छोड़ेंगे?...? इस पर बापू बोले यदि सिनेमा के पोस्टर लोगों को मुफ्त शिक्षा दे सकते हैं तो यह चित्र लोगों को प्रेरणाए...
- (६) चिन्तित व्यक्ति और साहसी व्यक्ति में क्या अन्तर है स्पष्ट कीजिये?...? (७) क्या आप ऐसे कोई उदाहरण बता सकते हैं किसी व्यक्ति के सामने कई बार अवरोध आये पर वह आखिर में बराबर ...
- (६) चिरस्थाई आनन्द किसे कहते हैं?...? वह कैसे मिलता है।...
- (६) जन्म दिन से बढ़कर और कोई त्यौहार व्यक्तिगत जीवन में क्यों नहीं है?...? (७) जन्म दिन किस प्रकार मनाया जाना चाहिए? (८) जन्म दिन का वास्तविक लाभ किस प्रकार प्राप्त किया जा सक...
- (६) जन्मदिन से बढ़कर और कोई त्यौहार व्यक्तिगत जीवन में क्यों नहीं है?...? (७) जन्मदिन किस प्रकार मनाया जाना चाहिए? (८) जन्मदिन का वास्तविक लाभ किस प्रकार प्राप्त किया जा सकता...
- (६) जवाहरलाल जी ने एक दिन श्री लालबहादुर शास्त्री से कहा-देश में शिक्षा बढ़ रही है क्या यह प्रसन्नता की बात नहीं-नहीं श्री शास्त्रीजी बोले-जब तक यहाँ के बुजुर्ग अशिक्षित हैं कुछ लड़कों के पढ़ जाने से भी तरक्की नहीं होगी क्योंकि शिक्षा की अपेक्षा जीवन में संस्कारों का महत्त्व अधिक है जो संस्कार अशिक्षित व्यक्तियों द्वारा दिये गये होंगे वह देश की कहाँ तक उन्नति कर सकते हैं?...? आप सोच सकते हैं। जवाहरलाल जी ने कहा-तुम्हारा कहना सच है। प्रौढ़ शिक्षा, शिक्षा से भी बढ़कर है।...
- (६) जिनकी लोकमंगल में अभिरुचि नहीं वे साधु-ब्राह्मण क्या करें?...? (७) साधु-ब्राह्मण समाजोत्थान और देश की प्रगति में किस प्रकार सहायक हो सकते हैं? मन्दिर आस्तिकता और स...
- (६) जिस दिन से शारीरिक श्रम का महत्त्व हमारी समझ में आ जावेगी हमें क्या लाभ होगा?...? (७) मेहनत न करने का दण्ड मनुष्य किस प्रकार से चुकाता है? (८) स्वास्थ्य रक्षा के लिये मनुष्य और स्त्र...
- (६) जूठन खाने से स्वाभिमान व स्वास्थ्य दोनों गिरते हैं?...? सिद्ध कीजिए। (७) भोजन परोसने में क्या सावधानी रखनी चाहिए? (८) सप्ताह में एक उपवास क्यों आवश्यक है? उ...
- (६) जूठन छोड़ना अन्नदेव का अपमान करना है?...? सिद्ध कीजिए? (७) जूठन खाने से स्वाभिमान व स्वास्थ्य दोनों गिरते हैं? सिद्ध करो।...
- (६) जो कुछ संसार में है उसकी अनुभूति हम अपने ही माप दण्ड से करते हैं?...? उदाहरण से समझाइए? (७) बीमारियाँ कैसे आती हैं? तथा उनसे निपटने का क्या रास्ता है? (८) विद्वानों की पं...
- (६) ज्ञान-यज्ञ का प्रयोजन समझायें?...? (७) युग-निर्माण योजना द्वारा किस प्रकार के विचार प्रसारित किए जाते हैं? (८) ज्ञान-यज्ञ के होता, उद्ग...
- (६) ज्ञानयज्ञ का प्रयोजन समझाइए?...? (७) युग निर्माण योजना द्वारा किस प्रकार के विचार प्रसारित किये जाते हैं? (८) ज्ञान यज्ञ के होता उद्ग...
- (६) डॉ० पार्कर से एक पत्रकार ने पूछा-भारत की किस वस्तु ने आपको सबसे अधिक प्रभावित किया?...? पार्कर बोले-तुलसी ने। मैंने देखा कि पंजाब में हर घर में लोग तुलसी लगाते हैं पूछने पर ओर प्रयोग करने ...
- (६) तंबाकू पीने वाले के आर्थिक व्यय पर प्रकाश डालिये?...? (७) तंबाकू के व्यसन से राष्ट्रीय क्षति कितनी होती है? (८) विनाश के उत्पादन से क्या समझते हो? इस व्यय...
- (६) तले व भुने पदार्थ स्वास्थ्य के लिये अहित कर क्यों होते हैं?...? (७) स्वास्थ्य के लिये कैसा वातावरण जरूरी है? (८) परिश्रम के क्या लाभ हैं, शारीरिक श्रम कितना किया जा...
- (६) तुलसी के लाभों के पाँच श्लोक सुनाओ और उनका अर्थ बताओ?...? (७) तुलसी चरणामृत क्यों आवश्यक है? (८) तुलसी के समन्वय में किन-किन प्राचीन ग्रन्थों में वर्णन मिलता ...
- (६) दिन भर लोहा पीटने वाले लुहार की अपेक्षा दो घण्टे कसरत करने वाला पहलवान अधिक ताकतवर क्यों होता है?...? (७) खेलकूद के लाभ बताओ? (८) व्यायाम आन्दोलन की आवश्यकता पर प्रकाश डालिए? कथाएँ —— (१) एक व्यक्ति कई...
- (६) दिनचर्या बनाने व डायरी लिखने की आवश्यकता क्यों हैं?...? (७) ऋद्धि-सिद्धियों एवं सफलतायें पाने का रहस्य क्या है? (८) प्रगति का सोपान क्या है। (९) स्वयं को सु...
- (६) दृष्टि संयम से क्या लाभ है?...? (७) श्रवण संयम का तात्पर्य क्या है? (८) नासिका संयम का ध्यान कैसे रखा जाय? (९) समृद्धि का सदुपयोग क्...
- (६) धन का उपार्जन किन गुणों के होने पर मनुष्य कर सकता है?...? (७) सार्थक सम्पन्नता का लाभ किस व्यक्ति को प्राप्त होता है? (८) गैर जिम्मेदार व्यक्ति किस प्रकार हान...
- (६) नारी के नेतृत्व से समाज का क्या कल्याण होगा?...? (७) शिक्षित नारी के विवाह की कठिनाइयों को दूर करने के लिए किन-किन धारणाओं को बदलना चाहिए? (८) शिक्षि...
- (६) नारी जाति का नृशंस अपमान क्या है?...? (७) आज हमारे समाज की हालात कैसी है? (८) सिद्ध कीजिए की अविकसित नारी एक समस्या है। (९) नारी के प्रति ...
- (६) निराकार गायत्री की उपासना करने वाले को वह किस प्रकार से करनी पड़ती है?...? (७) यज्ञ से मनुष्य को क्या प्रेरणाएँ ग्रहण करनी चाहिए। कथाएँ —— (१) महर्षि विश्वामित्र गायत्री की श...
- (६) निराकार गायत्री की उपासना करने वाले को वह किस प्रकार से करनी पड़ती है?...? (७) यज्ञ का विज्ञान से किस तरह का सम्बन्ध है? (८) यज्ञ से मनुष्य को क्या प्रेरणाएँ ग्रहण करनी चाहिए?...
- (६) परिवारों की वर्तमान संरचना में क्या सुधार-परिवर्तन किया जाए?...? (७) शारीरिक और मानसिक रुग्णता से सुनिश्चित छुटकारा किस प्रकार मिले? (८) अवाँछनीयता से किस प्रकार निप...
- (६) पर्वोत्सव एक वरदान हैं सिद्ध कीजिये?...? (७) पर्व और त्यौहार समाज शिक्षण की आवश्यकता किस प्रकार पूरी कर सकते हैं? (८) किस प्रकार कोई चतुर वक्...
- (६) पशुबलि के प्रचलन के क्या कारण हो सकते हैं?...? (७) क्या पशुबलि भारतीय देवताओं को प्रिय है? (८) पशुबलि समाप्त करने के लिये क्या प्रयत्न किये जाने चा...
- (६) पशुबलि के प्रचलन के क्या कारण हो सकते हैं?...? (७) क्या पशुबलि भारतीय देवताओं को प्रिय है? (८) पशुबलि समाप्त करने के लिए क्या प्रयत्न किये जाने चाह...
- (६) बच्चों में पारिवारिक व्यवस्था के कौन से संस्कार डाले जायें?...? (७) घरेलू व्यवस्था में क्या सावधानियाँ आवश्यक हैं? (८) सन्तान सीमित हो क्यों आवश्यक है? (९) कुरीतियों...
- (६) बाल-विवाह का मनोवैज्ञानिक प्रभाव लड़कियों पर किस प्रकार बुरा पड़ता है?...? (७) बड़ी आयु में लड़कियाँ दाम्पत्य जीवन के अनुरूप क्यों हो जाती हैं? (८) क्या छोटी आयु में विवाह कर दे...
- (६) भाग्यवाद से हमें विदेशी शासकों के राज्य के समय क्या हानियाँ उठानी पड़ी?...? (७) यह आप कैसे कह सकते हैं कि भाग्यवाद ने हमें नपुंसक बना दिया है? (८) विदेशी शासकों के जाने के बाद ...
- (६) भारत में धार्मिक कार्यों पर होने वाले व्यय पर प्रकाश डालते हुए उसके सदुपयोग की योजना प्रस्तुत करें?...? (७) मन्दिर मठों की सम्पत्ति का सदुपयोग कैसे किया जा सकता है? (८) धर्म के नाम पर पाखण्ड एवं शोषण से ज...
- (६) भारत में धार्मिक कार्यों पर होने वाले व्यय पर प्रकाश डालते हुए उसके सदुपयोग की योजना प्रस्तुत करें?...? (७) मन्दिर-मठों की सम्पत्ति का सदुपयोग कैसे किया जा सकता है? (८) धर्म के नाम पर पाखण्ड एवं शोषण से ज...
- (६) मनुष्य क्या प्रयत्न न करे तो ओछा का ओछा बना रहेगा?...? (७) अनुचित कही जाने वाली क्या दुष्प्रथाएँ हमारे पीछे लगी हैं? (८) अवांछनीय स्थितियाँ किस तरह बदली जा...
- (६) मन्दिरों के पुजारी किस तरह के व्यक्ति होते हैं?...? (७) आज के मन्दिरों के रूप कार्यों पर प्रकाश डालिए? (८) हमारे मन्दिरों में लगी सम्पत्ति तथा व्यक्तियो...
- (६) मन्दिरों के पुजारी किस तरह के व्यक्ति होते हैं?...? (७) आज के मन्दिरों के रूप, कार्यों पर प्रकाश डालिये? (८) हमारे मन्दिरों में लगी सम्पत्ति तथा व्यक्ति...
- (६) महान बनने का सर्वश्रेष्ठ साधना क्या है?...? (७) प्रगति का रहस्य क्या है? (८) निरन्तर प्रगति एवं उन्नति का ‘गुरु मन्त्र क्या है?’ (९) सिद्ध कीजिय...
- (६) यज्ञीय जीवन को अपनाने पर मानव महान् कैसे बन सकता है?...? (७) गायत्री यज्ञ आन्दोलन सामाजिक जीवन को यज्ञीय जीवन के अनुरूप ढालने में प्रयत्नशील है? किस तरह? (८)...
- (६) यज्ञीय जीवन को अपनाने पर मानव महान् कैसे बन सकता है?...? (७) गायत्री यज्ञ आन्दोलन सामाजिक जीवन को यज्ञीय जीवन के अनुरूप ढालने में प्रयत्नशील है किस प्रकार? (...
- (६) यज्ञोपवीत के ९ धागे किन-किन सद्गुणों के प्रतीक है?...? (७) यज्ञोपवीत गायत्री माता का स्वरूप क्यों माना जाता है। तथा इसका तात्पर्य क्या है? (८) नर से नारायण...
- (६) यज्ञोपवीत के ९ धागे किन-किन सद्गुणों के प्रतीक हैं?...? (७) यज्ञोपवीत गायत्री माता का स्वरूप क्यों माना जाता है तथा इसका तात्पर्य क्या है? (८) नर से नारायण,...
- (६) यदि यह मान लिया जाए कि भूत-प्रेत हैं तो शिक्षित समाज पर उनका प्रभाव न होना क्या सिद्ध करता है?...? (७) ईश्वर कौन हैं? क्या ईश्वर अनेक हैं? (८) गाँवों के पिछड़े लोग किस प्रकार के देवी-देवताओं को मानते ...
- (६) यदि यह मान लिया जाये कि भूत-प्रेत हैं तो शिक्षित समाज पर उसका प्रभाव न होना क्या सिद्ध करता है?...? (७) ईश्वर कौन है, क्या ईश्वर अनेक हैं। (८) गाँवों के पिछड़े लोग किस प्रकार के देवी देवताओं को मानते ...
- (६) यदि विवाह में कम खर्च किया जाय तो समाज को क्या लाभ होगा?...? (७) बढ़ी हुई आमदनी का लाभ क्यों नहीं मिल पाता है? (८) विवेकशीलता का तकाजा क्या है? (९) विवाह प्रथा मे...
- (६) यदि विवाह में कम खर्च किया जाय तो समाज को क्या लाभ होगा?...? (७) बढ़ी हुई आमदनी को लाभ क्यों नहीं मिल पाता है? (८) विवेकशीलता का तकाजा क्या है? (९) विवाह प्रथा मे...
- (६) यह आप किस तरह कह सकते हैं कि बेटे वाला दया का पात्र है?...? (७) इस आदर्शवादी विवाह पद्धति में बेटे वाले को किस तरह रोल अदा करना होगा? (८) बेटी वाले को किस प्रका...
- (६) यह आप किस तरह कह सकते हैं कि बेटे वाला दया का पात्र है?...? (७) इस आदर्शवादी विवाह पद्धति में बेटे वाले को किस तरह का रोल अदा करना होगा? (८) बेटी वाले को किस प्...
- (६) युग निर्माण योजना द्वारा संचालित ‘‘ज्ञानयज्ञ’’ की कार्य पद्धति को समझाइए?...? (७) इस ज्ञान यज्ञ की प्रक्रिया को व्यापक बनाने के लिये क्या और किस तरह का सहयोग आवश्यक है? (८) झोला ...
- (६) युग-निर्माण योजना की शिक्षा-पद्धति पर प्रकाश डालिए?...? (७) युग निर्माण विद्यालय की कार्य-प्रणाली पर प्रकाश डालिए? (८) छात्रों द्वारा सीखे जाने वाले गृह उद्...
- (६) युग-निर्माण योजना द्वारा संचालित ‘ज्ञान-यज्ञ’ की कार्य पद्धति को समझाइए?...? (७) इस ज्ञान यज्ञ की प्रक्रिया को व्यापक बनाने के लिए क्या और किस तरह का सहयोग आवश्यक है? (८) झोला-प...
- (६) राजनैतिक पार्टियों के कार्यकर्ता किस प्रकार अपना समय व्यय कर देते हैं?...? (७) ऐसे कौन से १० सूत्री कार्यक्रम हैं जिनके अन्तर्गत हम नवयुवक भी देश की प्रगति में सहायक बन सकते ह...
- (६) लोक-मंगल में अभिरुचि नहीं वे साधु ब्राह्मण क्या करें?...? (७) साधु-ब्राह्मण समाजोत्थान और देश की प्रगति में किस प्रकार सहायक हो सकते हैं। कथाएँ —— (१) राजकुम...
- (६) वर्गभेद की संकीर्ण नीति से देश का क्या अहित हुआ है?...? (८) हिन्दू समाज संकीर्ण, अनुदार एवं अन्यायी क्यों कहा जाता है? (९) ऊँच-नीच के मामलों में हमारा कर्तव...
- (६) वर्णभेद की संकीर्ण नीति से देश का क्या अहित हुआ है?...? (७) हिन्दू समाज की संख्या निरन्तर कम होने का क्या कारण है? (८) हिन्दू समाज संकीर्ण, अनुदार एवं अन्याय...
- (६) वर्तमान फिल्मों में क्या त्रुटियाँ हैं फिल्म उद्योग का उपयोग सत्प्रवृत्तियों की प्रसन्नता हेतु कैसे किया जा सकता है?...? (७) न्यायालयों का मुख्य प्रयोजन क्या होना चाहिए? (८) कला का उपयोग युग निर्माण हेतु कैसे किया जा सकता...
- (६) वर्तमान फिल्मों में क्या त्रुटियाँ हैं, फिल्म उद्योग का उपयोग सद्प्रवृत्तियों की प्रसन्नता हेतु कैसे किया जा सकता है?...? (७) न्यायालयों का मुख्य प्रयोजन क्या होना चाहिए? (८) कला का उपयोग युग-निर्माण हेतु कैसे किया जा सकता...
- (६) वसुधैव कुटुम्बकम् से क्या समझते हो?...? (७) संयुक्त कुटुम्ब के कतिपय दोष बताइये? (८) संयुक्त परिवार की आचार संहिता का आधार क्या हो? (९) संयु...
- (६) वानप्रस्थ आश्रम का पुनः प्रारम्भ किस लिये जरूरी है?...? (७) जनसंख्या कम करने के व्यावहारिक उपाय क्या हैं? (८) सिद्ध कीजिये कि आधुनिक युग में सन्तान वृद्धि क...
- (६) वानप्रस्थाश्रम में मनुष्य समाज के लिए किस प्रकार लाभ दायक होता था?...? (७) अन्तिम आश्रम क्या है तथा इसके कार्य क्या हैं? (८) वानप्रस्थ आश्रम परम्परा के लोप हो जाने से हमार...
- (६) विचारशील व्यक्तियों को भिक्षा वृत्ति को समाप्त करने के लिए किस प्रकार का कार्य करना पड़ेगा?...? (७) हमारी सरकार तथा धर्म संस्थाएँ भिक्षा उन्मूलन में किस प्रकार सहयोग दे सकती हैं। (८) यदि भिक्षा व्...
- (६) विचारशील व्यक्तियों को भिक्षावृत्ति को समाप्त करने के लिए किस प्रकार का कार्य करना पड़ेगा?...? (७) हमारी सरकार तथा धर्म संस्थाएँ भिक्षा उन्मूलन में किस प्रकार सहयोग दे सकती हैं? (८) यदि भिक्षा व्...
- (६) विचारों की परख किस तरह की जाये और उन्हें कैसे सुधारा जाए?...? (७) आत्मलोचन क्यों आवश्यक है? (८) बुरे विचारों से किस तरह बचा जा सकता है? विचारों के उत्पादन का स्रो...
- (६) विद्यार्थियों को ब्रह्मचर्य व्रत का पालन क्यों आवश्यक है?...? (७) आतंकवादी असुर प्रवृत्ति किसे कहते हैं? (८) युवावस्था को अलंकृत करने वाले सद्गुण कौन-कौन से हैं? ...
- (६) विधवा को समान न्याय किस प्रकार मिल सकता है?...? (७) विधवा विवाह के लिये क्या आवश्यक है? (८) विधवाओं के साथ क्या उदारता बरती जानी चाहिए? कथाएँ —— (१...
- (६) विधवा को समान न्याय किस प्रकार मिल सकता है?...? (७) विधवा विवाह के लिए क्या आवश्यक है? (८) विधवाओं के साथ क्या उदारता बरती जानी चाहिए? मनस्वी-शूरवीर...
- (६) विवाहोन्माद के प्रतिरोध के लिए नई पीढ़ी को क्या करना चाहिए?...? (७) सामूहिक विवाह करने से क्या लाभ है? (८) उपजातियाँ कैसे बनीं? दहेज से बचने के लिए क्या किया जाय? (...
- (६) विवाहोन्माद के प्रतिरोध के लिये नयी पीढ़ी को क्या करना चाहिए?...? (७) सामूहिक विवाह करने से क्या लाभ है? (८) उपजातियाँ कैसे बनीं? दहेज से बचने के लिये क्या किया जाय? ...
- (६) शासकीय कर्मचारी अशिष्टता व भ्रष्टाचार, आचरण एवं अवरोध वृत्ति के शिकार क्यों बनते जा रहे है?...? (७) योजनाएँ समयावधि में कार्यान्वित क्यों नहीं होतीं? (८) अपने देश में वोटरों को बहकाया जाना सरल क्य...
- (६) शासकीय कर्मचारी अशिष्टता व भ्रष्टाचार, आचरण एवं अवरोध वृत्ति के शिकार क्यों बनते जा रहे हैं?...? (७) योजनाएँ समयावधि को बहकाया जाना सरल क्यों है। (९) लोकमानस का स्तर ऊँचा उठाने के लिए क्या किया जान...
- (६) शिखा बन्धन का उद्देश्य क्या है?...? (७) शिखा रखवाने के लिये किस तरह का उपाय करना चाहिए! प्रश्न —— (१) गुरुगोविंद सिंह के पुत्रों को पकड...
- (६) शिखा बन्धन का उद्देश्य क्या है?...? (७) शिखा रखवाने के लिए किस तरह का उपाय करना चाहिए? यज्ञोपवीत धारण—नीति और कर्तव्य अपनाने का व्रतबन्ध...
- (६) सन्तानें किन लोगों की कुपात्र नहीं होतीं?...? (७) विवाह की सफलता का आधार क्या है? (८) पाणिग्रहण की महत्ता क्या है? (९) दाम्पत्य जीवन में स्वर्ग उत...
- (६) सच्चे अध्यापक और सच्चे अभिभावक कौन कहे जा सकते हैं?...? किस आधार पर? (७) क्या आप बता सकते हैं कि आज के होनहार बालकों में कौन से दुर्गुण अधिक पाये जाते हैं? ...
- (६) सच्चे अध्यापक और सच्चे अभिभावक कौन कहे जा सकते हैं?...? (७) क्या आप बता सकते है कि आज के होनहार बालकों में कौन-से दुर्गुण अधिक पाये जाते हैं? (८) मर्यादा उल...
- (६) सदाचार और समाज सुधार के रचनात्मक कार्यक्रम बताओ?...? (७) सिद्ध करो कि अनीति करने की तरह अनीति सहना भी पाप है? (८) अपराध क्यों बढ़ रहे हैं? (९) उन्हें कैसे...
- (६) सन्त इमर्सन से उनके एक मित्र ने पूछा-आपको अभी स्वर्ग जाने को कहा जाये तो आप क्या तैयारी करेंगे?...? सबसे पहले अपनी सारी पुस्तकें बाँध लेंगे इमर्सन बोले-ताकि स्वर्ग में हमारा समय बेकार न जाये। (७) लोकम...
- (६) सन्त, सुधारक, शहीद, हम किस प्रकार के व्यक्तियों को कह सकते हैं?...? (७) अनीति का प्रतिकार करो। यह भावना मनुष्यों में जाग्रत करने के लिये हमें क्या प्रयत्न करना चाहिए? (...
- (६) साधु ने ब्रह्मचारी शिष्य से पूछा-बेटा जब तुम्हारा मित्र गंगाजी में डूबने वालों को बचा रहा था तब तुम क्या कर रहे थे?...? मैं नियम पालन कर रहा था-गुरुदेव वह समय मेरे जप का था जपकर रहा था। शिष्य की बात सुनकर साधु बड़े दुःखी ...
- (६) सामाजिक जीवन के उत्कर्ष के लिये हमें क्या करना होगा?...? (७) आज के सामाजिक जीवन की सबसे बड़ी सेवा क्या है? (८) विचार क्रान्ति के आदर्श वारी विचारधारा का प्रति...
- (६) सामान्य आजीविका से भी अपना खर्च किस प्रकार चलाया जा सकता है?...? (७) अपना बजट हमें किस प्रकार का बनाना चाहिए? (८) हम किन-किन अनावश्यक खर्चों को कम करके बचत कर सकते ...
- (६) सिद्ध कीजिये ‘‘भाग्यवाद निरर्थक है?...? ’’ (७) उन्नति या प्रगति का आधार स्वतन्त्र चेतना है या भाग्य? (८) स्वतन्त्र चिन्तन एवं पुरुषार्थ पूर्ण...
- (६) स्त्री जाति को उस अपमान भरे जीवन से निकाल कर ऊँचा उठाने के लिये पुरुषों को क्या करना चाहिए?...? (७) नारी जाति को ऊँचा उठाने में सहायक ऐसे कौन से कार्य हैं? (८) घर-घर में चलाये जा सकने योग्य ऐसे कौ...
- (६) स्वाध्याय क्यों आवश्यक है?...? (७) प्रेरक साहित्य के अध्ययन से क्या लाभ है? (८) स्वाध्याय के लिए कैसा साहित्य होना चाहिए? (९) युग न...
- (६) स्वाध्याय क्यों आवश्यक है?...? (७) प्रेरक साहित्य के अध्ययन से क्या लाभ हैं? (८) स्वाध्याय के लिए कैसा साहित्य होना चाहिए? (९) युग ...
- (६) स्वावलम्बी सन्तान को अपनी बची खुची सम्पत्ति किस प्रकार अपराध है?...? (७) प्राचीनकाल में सन्तान किस प्रकार अपना कर्तव्य पूरा करती थी? (८) आज का मानव किस प्रकार का व्यवहार...
- (६) स्वास्थ्य और मनोबल बढ़ाने के लिए किस तरह की कार्य प्रणाली अपनानी चाहिए?...? (७) लोक शिक्षण के लिए क्या-क्या कार्य किया जाना चाहिए? (८) सेवा दलों के संगठन का महत्त्व रचनात्मक का...
- (६) हमारे समाज के प्रमुख कलंक कौन से हैं?...? उनसे बचने के उपाय बताओ? (७) आगामी युग में कैसे परिवारों की स्थापना करनी होगी? (८) अवांछनीय तत्त्वों ...
- (६) हमें अपना स्वभाव सन्तुलित बनाये रखने के लिये क्या-क्या उपाय करने चाहिए?...? (७) दूरदर्शी और विवेकवान व्यक्ति की पहचान क्या है? (८) सामने वाले व्यक्ति से हमें क्रोध न करके किस प...
- (६) हिन्दू समाज की सर्वाधिक भ्रमपूर्ण मान्यता क्या है?...? (७) बदली हुई परिस्थितियों में मृतक भोज अनावश्यक क्यों हो गया है? (८) मृतक भोज खाना स्वाभिमानी व्यक्त...
- (६) हिन्दू समाज की सर्वाधिक भ्रमपूर्ण मान्यता क्या है?...? (७) बदली हुई परिस्थितियों में मृतक भोज अनावश्यक क्यों हो गया है? (८) मृतक भोज खाना स्वाभिमानी व्यक्त...
- (६) ‘‘अनीति के विरुद्ध भगवान की भी अवज्ञा की जा सकती है’’ इससे क्या समझते हो?...? (७) विवाह के सम्बन्ध में युवकों के क्या कर्तव्य हैं? (८) भारतीय समाज में विवाह की प्रथा में क्या-क्य...
- (६) ‘‘आराम हराम है, ’’ यह उक्ति हमें किस प्रकार आर्थिक दुर्दशा से उबरने के लिए पतवार का काम कर सकती है?...? (७) शिक्षित नारी भी किस विधि से आर्थिक स्थिति सुधारने में मदद दे सकती हैं? (८) शिक्षित युवकों की बेक...
- (६) ‘‘ज्ञानऋण’’ से क्या समझते हो?...? प्रत्येक शिक्षित का इस युग में क्या कर्तव्य है? (७) साक्षरता प्रसार आन्दोलन कैसे चलाया जाय? (८) जनसा...
- (७) अधिकार से अधिक कर्तव्य का महत्त्व क्यों है?...? (८) जापान स्थित अमेरिकन फैक्टरियों के श्रमिकों ने काम के दो घण्टा कम करने का सुझाव क्यों नहीं माना (९...
- (७) अध्यापक का रहन-सहन ‘सादा जीवन उच्च विचार ’पर आधारित क्यों होना चाहिए?...? (८) उपदेश नहीं चरित्र का क्या प्रभाव पड़ता है-सिद्ध करें? (९) ‘आत्म-चिन्तन’ ‘आत्म-सुधार’ एवं ‘आत्म-नि...
- (७) अध्यापक का रहन-सहन ‘‘सादा जीवन-उच्च विचार’’ पर आधारित क्यों होना चाहिए?...? (८) उपदेश नहीं चरित्र का क्या प्रभाव पड़ता है सिद्ध करें? (९) ‘‘आत्म चिन्तन’’ आत्म-सुधार एवं ‘‘आत्म नि...
- (७) अनुचित कही जाने वाली क्या दुष्प्रथाएँ हमारे पीछे लगी हैं?...? (८) अवांछनीय स्थितियाँ किस तरह बदली जा सकती हैं? (९) हिम्मत क्या है? इसे अपनाने से क्या लाभ होते हैं...
- (७) अन्तिम आश्रम क्या है तथा इसके कार्य क्या हैं?...? (८) वानप्रस्थ आश्रम परम्परा के लोप हो जाने से हमारे भारतीय समाज को क्या हानियाँ उठानी पड़ी हैं? (९) आ...
- (७) अपना बजट हमें किस प्रकार का बनाना चाहिए?...? (८) हम किन-किन अनावश्यक खर्चों को कम करके बचत कर सकते हैं? (९) जेब में रुपया रख के घूमना और उधार लेन...
- (७) अपने साथ वहाँ के राजा को भी पाकर एक सन्त के हजारों शिष्य बड़े प्रसन्न हुए उन्होंने राजा से कहा अब तो आप हमारे गुरु भाई हो गये गुरु भाई होकर भी हम से माल गुजारी लेंगे क्या?...? राजा ने द्विविधा में आकर सबका टैक्स माफ कर दिया पर उसके शासन के प्रबन्ध के लिये आर्थिक व्यवस्था में...
- (७) आगामी युग में कैसे परिवारों की स्थापना करनी होगी?...? (८) अवांछनीय तत्त्वों का उग्र प्रतिरोध कैसे किया जायेगा? (९) ठगी एवं हरामखोरी को बन्द करने के लिए कौ...
- (७) आज के मन्दिरों के रूप कार्यों पर प्रकाश डालिए?...? (८) हमारे मन्दिरों में लगी सम्पत्ति तथा व्यक्तियों के क्या पूजा और आरती के सिवाय भी कोई कर्तव्य हैं?...
- (७) आज के मन्दिरों के रूप, कार्यों पर प्रकाश डालिये?...? (८) हमारे मन्दिरों में लगी सम्पत्ति तथा व्यक्तियों के क्या पूजा और आरती के सिवाय भी कोई कर्तव्य हैं?...
- (७) आज के सामाजिक जीवन की सबसे बड़ी सेवा क्या है?...? (८) विचार क्रान्ति के आदर्श वारी विचारधारा का प्रतिपादन करने के लिए किस प्रकार से कार्य-किया जाना चा...
- (७) आज हमारे समाज की हालात कैसी है?...? (८) सिद्ध कीजिए की अविकसित नारी एक समस्या है। (९) नारी के प्रति हमारा क्या कर्तव्य है? (१०) नारी को ...
- (७) आतंकवादी असुर प्रवृत्ति किसे कहते हैं?...? (८) युवावस्था को अलंकृत करने वाले सद्गुण कौन-कौन से हैं? (९) युवकों को अपना स्वर्णिम एवं शानदार भविष...
- (७) आत्मलोचन क्यों आवश्यक है?...? (८) बुरे विचारों से किस तरह बचा जा सकता है? विचारों के उत्पादन का स्रोत क्या है? (९) विचारों की भूल ...
- (७) आत्मा का अवतरण धरती पर किस कारण हुआ है?...? (८) आत्म शान्ति एवं सन्तोष किन्हें मिलता है? (९) नरक क्या है? क्या वह इसी लोक में नहीं है? (१०) ‘भवबं...
- (७) इस आदर्शवादी विवाह पद्धति में बेटे वाले को किस तरह का रोल अदा करना होगा?...? (८) बेटी वाले को किस प्रकार का बरताव करना चाहिए? उच्च शिक्षित कन्या की विवाह समस्या और उसके नये हल म...
- (७) इस आदर्शवादी विवाह पद्धति में बेटे वाले को किस तरह रोल अदा करना होगा?...? (८) बेटी वाले को किस प्रकार का बर्ताव करना चाहिए? कथाएँ —— (१) अमरेली (गुजरात) के भीलड़ी ग्राम में ए...
- (७) इस ज्ञान यज्ञ की प्रक्रिया को व्यापक बनाने के लिए क्या और किस तरह का सहयोग आवश्यक है?...? (८) झोला-पुस्तकालय किस प्रयोजन की पूर्ति के लिए है? ज्ञान-यज्ञ—नवनिर्माण का महानतम अभियान आज व्यक्ति...
- (७) इस ज्ञान यज्ञ की प्रक्रिया को व्यापक बनाने के लिये क्या और किस तरह का सहयोग आवश्यक है?...? (८) झोला पुस्तकालय किस प्रयोजन की पूर्ति के लिये हैं? कथाएँ —— (१) लन्दन की एक सभा में स्वामी विवेक...
- (७) ईश्वर कौन हैं?...? क्या ईश्वर अनेक हैं? (८) गाँवों के पिछड़े लोग किस प्रकार के देवी-देवताओं को मानते हैं तथा उनसे उन्हें...
- (७) उन्नतिशील बनने का रहस्य क्या है?...? (८) अनैतिक व्यक्ति को लोग प्यार क्यों नहीं करते? (९) सामाजिक तिरस्कार एवं असहयोग भी क्षण के लिये भी ...
- (७) ऋद्धि-सिद्धियों एवं सफलतायें पाने का रहस्य क्या है?...? (८) प्रगति का सोपान क्या है। (९) स्वयं को सुधारने में किस-किस प्रकार के प्रयोग करने चाहिए? (१०) जीव...
- (७) एक बार कबीर से किसी ने पूछा आप स्कूल तक नहीं गये, कलम तक नहीं छुई फिर इस असाधारण बौद्धिक प्रतिभा का कारण क्या है?...? कबीर बोले-आस्तिकता ईश्वर में विश्वास का, मनुष्य में आत्मिक क्षमता के साथ बौद्धिक प्रतिभा का भी विकास...
- (७) एक बार भोजन करने के बाद फिर भोजन कब और कैसे करना चाहिए?...? (८) भोजन किस तरह से किया जाना चाहिए? (९) आहार के सिवा और किस पर नियंत्रण रखा जाना चाहिए? किस तरह? ...
- (७) ऐसे कौन से १० सूत्री कार्यक्रम हैं जिनके अन्तर्गत हम नवयुवक भी देश की प्रगति में सहायक बन सकते हैं?...? (८) एक-एक कार्यक्रम का अलग-अलग वर्णन करो —— कथाएँ —— (१) पं० जवाहरलाल ने एक दिन शास्त्री जी को जंगल...
- (७) कहते हैं कुसंस्कारी बालक देना राष्ट्रीय अपराध है क्यों?...? (८) राष्ट्र समृद्ध और यशस्वी कैसे बनता है। (९) प्रजनन की जिम्मेदारी के निर्वाह के लिये कौन सी तैयारि...
- (७) किस प्रकार की मनःस्थिति वाला व्यक्ति अप्रसन्न रहते है?...? (८) हमेशा हँसते-हँसाते रहने वाले व्यक्ति खुद को तथा परिवार को किस प्रकार लाभ पहुँचाते हैं? (९) हँसना...
- (७) क्या आप बता सकते है कि आज के होनहार बालकों में कौन-से दुर्गुण अधिक पाये जाते हैं?...? (८) मर्यादा उल्लंघन में क्या हानियाँ है? (९) आज के युवकों में अनुशासनहीनता क्यों है उन्हें कैसे सभ्य...
- (७) क्या आप बता सकते हैं कि आज के होनहार बालकों में कौन से दुर्गुण अधिक पाये जाते हैं?...? (८) मर्यादा के उल्लंघन से क्या हानियाँ है? (९) आज के युवकों में अनुशासन हीनता क्यों है उन्हें कैसे स...
- (७) क्या पशुबलि भारतीय देवताओं को प्रिय है?...? (८) पशुबलि समाप्त करने के लिये क्या प्रयत्न किये जाने चाहिए? (९) आधुनिक युग में बलि की प्रथा में कैस...
- (७) क्या पशुबलि भारतीय देवताओं को प्रिय है?...? (८) पशुबलि समाप्त करने के लिए क्या प्रयत्न किये जाने चाहिए? (९) आधुनिक युग में बलि की प्रथा में कैसे...
- (७) क्या रेशम के कपड़े पहनना ठीक है नहीं तो क्यों?...? (८) कस्तूरी, चँवर, मोती, बालों वाले बच्चों के कोट, मोजे, दस्ताना, टोपी आदि किस प्रकार प्राप्त किये ज...
- (७) क्या रेशम के कपड़े पहनना ठीक है नहीं तो क्यों?...? (८) कस्तूरी, चँवर, मोती, बालों वाले बच्चों के कोट, मोजे, दस्ताने, टोपे आदि किस प्रकार प्राप्त किये ज...
- (७) खेलकूद के लाभ बताओ?...? (८) व्यायाम आन्दोलन की आवश्यकता पर प्रकाश डालिए? कथाएँ —— (१) एक व्यक्ति कई-कई दिन तक बाहर रहता, लौ...
- (७) गायत्री यज्ञ आन्दोलन सामाजिक जीवन को यज्ञीय जीवन के अनुरूप ढालने में प्रयत्नशील है किस प्रकार?...? (८) क्या गायत्री यज्ञ आन्दोलन आर्थिक दृष्टि से भी अधिक खर्चीला है किस तरह? (९) नर और नारी गायत्री यज...
- (७) गायत्री यज्ञ आन्दोलन सामाजिक जीवन को यज्ञीय जीवन के अनुरूप ढालने में प्रयत्नशील है?...? किस तरह? (८) क्या गायत्री यज्ञ आन्दोलन अधिक दृष्टि से भी कम खर्चीला है? किस तरह? (९) नर और नारी समान...
- (७) घरेलू व्यवस्था में क्या सावधानियाँ आवश्यक हैं?...? (८) सन्तान सीमित हो क्यों आवश्यक है? (९) कुरीतियों और अन्ध-परम्पराओं की हानियाँ बताओ? (१०) परिवार के ...
- (७) जनसंख्या कम करने के व्यावहारिक उपाय क्या हैं?...? (८) सिद्ध कीजिये कि आधुनिक युग में सन्तान वृद्धि की कामना एक मूढ़ मान्यता है। कथाएँ —— (१) एक जंगल ...
- (७) जन्म दिन किस प्रकार मनाया जाना चाहिए?...? (८) जन्म दिन का वास्तविक लाभ किस प्रकार प्राप्त किया जा सकता है? (९) युग निर्माण योजना के अनुसार विव...
- (७) जन्मदिन किस प्रकार मनाया जाना चाहिए?...? (८) जन्मदिन का वास्तविक लाभ किस प्रकार प्राप्त किया जा सकता है? (९) युग-निर्माण योजना के अनुसार विवा...
- (७) जूठन खाने से स्वाभिमान व स्वास्थ्य दोनों गिरते हैं?...? सिद्ध करो। (८) भोजन परोसने में क्या सावधानी रखनी चाहिए? (९) सप्ताह में एक उपवास क्यों आवश्यक है? उपव...
- (७) जेवरों से खुद हमें क्या हानियाँ होती है?...? (८) जेवर प्रथा बन्द होने से विवाहों की अवस्था में क्या सुधार हो सकता है? कथाएँ —— (१) रामलाल और श्य...
- (७) तंबाकू के व्यसन से राष्ट्रीय क्षति कितनी होती है?...? (८) विनाश के उत्पादन से क्या समझते हो? इस व्यय को अन्य उद्योगों में कैसे लगाया जा सकता है? (९) तंबाक...
- (७) तुलसी चरणामृत क्यों आवश्यक है?...? (८) तुलसी के समन्वय में किन-किन प्राचीन ग्रन्थों में वर्णन मिलता है। गौ संरक्षण—हमारी एक महती आवश्यक...
- (७) दूरदर्शी और विवेकवान व्यक्ति की पहचान क्या है?...? (८) सामने वाले व्यक्ति से हमें क्रोध न करके किस प्रकार का व्यवहार करना चाहिए? (९) क्रोध करने से हमे...
- (७) नारी के नेतृत्व से समाज का क्या कल्याण होगा?...? (८) शिक्षित नारी के विवाह की कठिनाइयों को दूर करने के लिए किन-किन धारणाओं को बदलना चाहिए? (९) शिक्षि...
- (७) नारी जाति को ऊँचा उठाने में सहायक ऐसे कौन से कार्य हैं?...? (८) घर-घर में चलाये जा सकने योग्य ऐसे कौन से आन्दोलन हैं जिनमें स्त्री जाति की प्रतिष्ठा फिर स्थापित...
- (७) नियमित एवं निरन्तर काम करने से क्या लाभ है?...? (८) आदर्श दिनचर्या बनाइये? (९) लगन एवं मनोयोग से ही बड़े काम होते हैं? सिद्ध करें। (१०) फुरसत न मिलने...
- (७) न्यायालयों का मुख्य प्रयोजन क्या होना चाहिए?...? (८) कला का उपयोग युग निर्माण हेतु कैसे किया जा सकता है? कथाएँ —— (१) आचार्य धौम्य एक नृत्योत्सव में...
- (७) न्यायालयों का मुख्य प्रयोजन क्या होना चाहिए?...? (८) कला का उपयोग युग-निर्माण हेतु कैसे किया जा सकता है? रचनात्मक कार्यक्रमों से ही देश समर्थ बनेगा अ...
- (७) पत्नीव्रत की आवश्यकता पतिव्रत से अधिक क्यों हैं?...? (८) पतिव्रत का महान आदर्श क्या है? (९) गृहस्थी को सुखी बनाने में पति का दायित्व अधिक क्यों है। (१०) ...
- (७) पर्व और त्यौहार समाज शिक्षण की आवश्यकता किस प्रकार पूरी कर सकते हैं?...? (८) किस प्रकार कोई चतुर वक्ता कुरीतियों एवं विकृतियों का उन्मूलन करा सकता है? कथाएँ —— (१) आज शस्त्...
- (७) पर्व और त्यौहार समाज शिक्षण की आवश्यकता किस प्रकार पूरी कर सकते हैं?...? (८) किस प्रकार कोई चतुर वक्ता कुरीतियों एवं विकृतियों का उन्मूलन करा सकता है? जन्म-दिवस और विवाह-दिव...
- (७) पवित्र नारी को निर्लज्ज वेश्या के रूप में पेश करने में कौन-कौन से उद्योग बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं?...? (८) इस समय नारियों को क्या करना चाहिए, पर वे क्या कर रही हैं? (९) अश्लीलता की बाढ़ से समाज को बचाये र...
- (७) प्रगति का रहस्य क्या है?...? (८) निरन्तर प्रगति एवं उन्नति का ‘गुरु मन्त्र क्या है?’ (९) सिद्ध कीजिये कि आलसी हरामखोर या परिश्रमी...
- (७) प्राचीनकाल में सन्तान किस प्रकार अपना कर्तव्य पूरा करती थी?...? (८) आज का मानव किस प्रकार का व्यवहार कर रहा है? कथाएँ —— (१) राजा महेन्द्रप्रताप के कोई सन्तान नहीं ...
- (७) प्रेरक साहित्य के अध्ययन से क्या लाभ है?...? (८) स्वाध्याय के लिए कैसा साहित्य होना चाहिए? (९) युग निर्माण योजना के साहित्य पर प्रकाश डालें। (१०)...
- (७) प्रेरक साहित्य के अध्ययन से क्या लाभ हैं?...? (८) स्वाध्याय के लिए कैसा साहित्य होना चाहिए? (९) युग निर्माण योजना के साहित्य पर प्रकाश डालें? (१०)...
- (७) फल- फूल एवं हरियाली के लाभ बताइये?...? (८) वृक्षों से भूमि संरक्षण कैसे होता है? (९) पीपल, बड़ एवं आँवले की पूजा क्यों की जाती है? (१०) वृक्...
- (७) बच्चों को शिष्टाचारी बनाने का उपाय क्या है?...? (८) जीवन की प्रथम परीक्षा में उत्तीर्ण होने का उपाय क्या है? (९) सज्जनता की सामान्य परिभाषा क्या है?...
- (७) बदली हुई परिस्थितियों में मृतक भोज अनावश्यक क्यों हो गया है?...? (८) मृतक भोज खाना स्वाभिमानी व्यक्ति के गौरव के सर्वथा विपरीत क्यों है? (९) सत्यानाशी कुप्रथाओं का अ...
- (७) बदली हुई परिस्थितियों में मृतक भोज अनावश्यक क्यों हो गया है?...? (८) मृतक भोज खाना स्वाभिमानी व्यक्ति के गौरव के सर्वथा विपरीत क्यों है? (९) सत्यानाशी कुप्रथाओं का अ...
- (७) बीमारियाँ कैसे आती हैं?...? तथा उनसे निपटने का क्या रास्ता है? (८) विद्वानों की पंक्ति में किस तरह बैठा जा सकता है? (१०) हमें अप...
- (७) बूढ़ा हो रहा था कह रहा था घर वाले तंग करते हैं, शरीर काम नहीं देता, भगवान भी सहायता नहीं करता?...? पास से एक सन्त गुजर रहे थे बोले-यह बातें तब याद नहीं की जब बालक था। युवक हुआ तब रंगरेलियों के आगे न ब...
- (७) बड़ी आयु में लड़कियाँ दाम्पत्य जीवन के अनुरूप क्यों हो जाती हैं?...? (८) क्या छोटी आयु में विवाह कर देने से लड़कियाँ शीलवान बनी रह सकती हैं? (९) उस कारण को समझाइए जिसके क...
- (७) बढ़ी हुई आमदनी का लाभ क्यों नहीं मिल पाता है?...? (८) विवेकशीलता का तकाजा क्या है? (९) विवाह प्रथा में सुधार का प्रारम्भ कैसे किया जाय। युग की माँग क्...
- (७) बढ़ी हुई आमदनी को लाभ क्यों नहीं मिल पाता है?...? (८) विवेकशीलता का तकाजा क्या है? (९) विवाह प्रथा में सुधार का प्रारम्भ कैसे किया जाय? युग की माँग क्...
- (७) भोजन परोसने में क्या सावधानी रखनी चाहिए?...? (८) सप्ताह में एक उपवास क्यों आवश्यक है? उपवास के लाभ बताइए। (९) चूहों व कीड़ों से अन्न की बर्बादी बच...
- (७) मनुष्य का प्रामाणिक एवं नैतिक कर्तव्य क्या है?...? (८) समय की बरबादी धन की बरबादी से भी अधिक अहित कर है-सिद्ध करें? (९) व्यायाम में सफलता का रहस्य क्या...
- (७) मन्दिर मठों की सम्पत्ति का सदुपयोग कैसे किया जा सकता है?...? (८) धर्म के नाम पर पाखण्ड एवं शोषण से जनता को कैसे मुक्त किया जा सकता है? (९) राजनीति से अधिक महत्त्...
- (७) मन्दिर-मठों की सम्पत्ति का सदुपयोग कैसे किया जा सकता है?...? (८) धर्म के नाम पर पाखण्ड एवं शोषण से जनता को कैसे मुक्त किया जा सकता है? (९) राजनीति से अधिक महत्त्...
- (७) मलमूत्र से सफाई रखने के लिए क्या उपाय किये जाना चाहिए?...? (८) स्वच्छ रहने का प्रतिफल हमें क्या मिलेगा? कथाएँ —— (१) धूल धूसरित वेश और अस्त-व्यस्त केश एक व्यक...
- (७) मेहनत न करने का दण्ड मनुष्य किस प्रकार से चुकाता है?...? (८) स्वास्थ्य रक्षा के लिये मनुष्य और स्त्रियों को क्या-क्या शारीरिक श्रम करना चाहिए? (९) हमारे मनो...
- (७) यज्ञ का विज्ञान से किस तरह का सम्बन्ध है?...? (८) यज्ञ से मनुष्य को क्या प्रेरणाएँ ग्रहण करनी चाहिए? गायत्री यज्ञ-आन्दोलन—एक महान रचनात्मक अभियान ...
- (७) यज्ञोपवीत गायत्री माता का स्वरूप क्यों माना जाता है तथा इसका तात्पर्य क्या है?...? (८) नर से नारायण, पुरुष से पुरुषोत्तम, लघु से महान और आत्मा से परमात्मा किस तरह बना जा सकता है? (९) ...
- (७) यह आप कैसे कह सकते हैं कि भाग्यवाद ने हमें नपुंसक बना दिया है?...? (८) विदेशी शासकों के जाने के बाद भी २३ वर्ष बीत जाने पर भी हम उन्नति क्यों नहीं कर सके? (९) भाग्यवाद...
- (७) युग निर्माण योजना इस समय सहकारिता का युग स्थापित करने के लिए क्या प्रयत्न कर रही है?...? (८) सामाजिक शोषण, अशिक्षा आदि सहकारिता के द्वारा किस प्रकार हल हो सकेंगे? प्रगति के लिए श्रम, सम्मान...
- (७) युग निर्माण योजना इस समय सहकारिता का युग स्थापित करने के लिए प्रयत्न कर रही है?...? (८) सामाजिक शोषण, अशिक्षा आदि सहकारिता के द्वारा किस प्रकार हल हो सकेंगे। कथाएँ —— (१) किसान को मृत...
- (७) युग निर्माण योजना द्वारा किस प्रकार के विचार प्रसारित किये जाते हैं?...? (८) ज्ञान यज्ञ के होता उद्गाता कैसे लोग हैं? (९) हर घर की सच्ची सम्पत्ति क्या है? (१०) झोला पुस्तकाल...
- (७) युग निर्माण विद्यालय की कार्य-प्रणाली पर प्रकाश डालिए?...? (८) छात्रों द्वारा सीखे जाने वाले गृह उद्योगों पर प्रकाश डालिए? (९) जीवन निर्माण की कला से आप क्या स...
- (७) युग-निर्माण योजना द्वारा किस प्रकार के विचार प्रसारित किए जाते हैं?...? (८) ज्ञान-यज्ञ के होता, उद्गाता कैसे लोग हैं? (९) हर घर की सच्ची सम्पत्ति क्या है? (१०) झोला पुस्तका...
- (७) योजनाएँ समयावधि में कार्यान्वित क्यों नहीं होतीं?...? (८) अपने देश में वोटरों को बहकाया जाना सरल क्यों है? (९) लोकमानस का स्तर ऊँचा उठाने के लिए क्या किया...
- (७) लोक शिक्षण के लिए क्या-क्या कार्य किया जा सकता है?...? (८) सेवा दलों के संगठन का महत्त्व रचनात्मक कार्यों के अन्तर्गत क्यों है? (९) क्या पुस्तकालयों की आज ...
- (७) लोक शिक्षण के लिए क्या-क्या कार्य किया जाना चाहिए?...? (८) सेवा दलों के संगठन का महत्त्व रचनात्मक कार्यों के अन्तर्गत क्यों है? (९) क्या पुस्तकालयों की आज ...
- (७) विधवा विवाह के लिए क्या आवश्यक है?...? (८) विधवाओं के साथ क्या उदारता बरती जानी चाहिए? मनस्वी-शूरवीर विवाहोन्माद के असुर से जूझें धर्म के म...
- (७) विधवा विवाह के लिये क्या आवश्यक है?...? (८) विधवाओं के साथ क्या उदारता बरती जानी चाहिए? कथाएँ —— (१) समाज सुधारक महर्षि कर्वे से एक व्यक्ति...
- (७) विवाह की सफलता का आधार क्या है?...? (८) पाणिग्रहण की महत्ता क्या है? (९) दाम्पत्य जीवन में स्वर्ग उतारने की व्यवहारिक योजना बनाइये। कथा...
- (७) विवाह के सम्बन्ध में युवकों के क्या कर्तव्य हैं?...? (८) भारतीय समाज में विवाह की प्रथा में क्या-क्या संशोधन होना आवश्यक है। प्रश्न —— (१) धुरियावाँ (उ०...
- (७) विवाह के सम्बन्ध में युवकों के क्या कर्तव्य हैं?...? (८) भारतीय समाज में विवाह की प्रथा में क्या-क्या संशोधन होना आवश्यक है? बिना खर्च के विवाहों का प्रच...
- (७) विवाह में लड़के व लड़की वालों की मनोभूमि कैसी होती है?...? (८) कृतज्ञ किसे होना चाहिए व क्यों? (९) आज के युवकों का क्या कर्तव्य है? (१०) हिन्दू समाज के संगठित ...
- (७) विवाह में लड़के व लड़की वालों की मनोभूमि कैसे होती है?...? (८) कृतज्ञ किसे होना चाहिए व क्यों? (९) आज के युवकों के क्या कर्तव्य हैं? (१०) हिन्दू समाज के संगठित...
- (७) विवाहों के अवसर पर अमीरी दिखने की उत्कंठा चरम सीमा पर पहुँच जाती है?...? कैसे? (८) अमीरी प्रदर्शित करने वाले स्त्री और पुरुष का समझदार वर्ग पर क्या असर पड़ता है? (९) ठाठ-बाट ...
- (७) शारीरिक और मानसिक रुग्णता से सुनिश्चित छुटकारा किस प्रकार मिले?...? (८) अवाँछनीयता से किस प्रकार निपटा जाए? (९) अब की अपेक्षा कहीं सुखद और सरल-परिस्थितियों का निर्धारण ...
- (७) शिक्षित नारी के विवाह की कठिनाइयों को दूर करने के लिए किन-किन धारणाओं को बदलना चाहिए?...? (८) शिक्षित लड़की खुद ही दहेज किस प्रकार से है? विधुर और विधवाएँ समान न्याय के अधिकारी नर और नारी ईश्...
- (७) शिक्षित नारी भी किस विधि से आर्थिक स्थिति सुधारने में मदद दे सकती है?...? (८) शिक्षित युवकों की बेकारी समस्या किस प्रकार हल की जा सकती है? (९) ‘युग निर्माण विद्यालय’ यह आप कि...
- (७) शिक्षित नारी भी किस विधि से आर्थिक स्थिति सुधारने में मदद दे सकती हैं?...? (८) शिक्षित युवकों की बेकारी की समस्या किस प्रकार हल की जा सकती हैं? (९) ‘युग निर्माण विद्यालय’ यह आ...
- (७) शिखा रखवाने के लिए किस तरह का उपाय करना चाहिए?...? यज्ञोपवीत धारण—नीति और कर्तव्य अपनाने का व्रतबन्ध भारतीय समाज के दो प्रधान चिन्ह हैं-(१) शिखा (२) य...
- (७) शिशु जन्म के बाद माता-पिता को अपना आचरण कैसा रखना चाहिए?...? (८) बच्चों का सच्चा शिक्षण कहाँ होता है-वह किस पर निर्भर है? (९) विवाह प्रचलन की सार्थकता किसमें हैं...
- (७) श्रवण संयम का तात्पर्य क्या है?...? (८) नासिका संयम का ध्यान कैसे रखा जाय? (९) समृद्धि का सदुपयोग क्या है? (१०) सबसे कल्याण का राज मन्त्...
- (७) संयुक्त कुटुम्ब के कतिपय दोष बताइये?...? (८) संयुक्त परिवार की आचार संहिता का आधार क्या हो? (९) संयुक्त परिवार की परम्परा को कैसे जीवित रखा ज...
- (७) साक्षरता प्रसार आन्दोलन कैसे चलाया जाय?...? (८) जनसाधारण में शिक्षा का महत्त्व प्रतिष्ठापित करने हेतु क्या किया जाना चाहिए? (९) देश में शत प्रत...
- (७) सादगी श्रेष्ठता का कैसे निर्माण करती है?...? (८) भक्ति योग का क्या अर्थ है? (९) वसुधैव कुटुम्बकम् की भावना कैसे जागती है? (१०) आत्मा परमात्मा में...
- (७) सादगी श्रेष्ठता का निर्माण कैसे करती है?...? (८) भक्तियोग का क्या अर्थ है? (९) वसुधैव कुटुम्बकम् की भावना कैसे जागती है? (१०) आत्मा-परमात्मा में ...
- (७) साधु-ब्राह्मण समाजोत्थान और देश की प्रगति में किस प्रकार सहायक हो सकते हैं?...? मन्दिर आस्तिकता और सत्प्रवृत्तियाँ जगाने में लगें विशालकाय मन्दिरों का निर्माण करने की प्रक्रिया भार...
- (७) सामूहिक विवाह करने से क्या लाभ है?...? (८) उपजातियाँ कैसे बनीं? दहेज से बचने के लिये क्या किया जाय? (९) युग निर्माण योजना द्वारा इस सम्बन्ध...
- (७) सामूहिक विवाह करने से क्या लाभ है?...? (८) उपजातियाँ कैसे बनीं? दहेज से बचने के लिए क्या किया जाय? (९) युग-निर्माण योजना द्वारा इस सम्बन्ध ...
- (७) सार्थक सम्पन्नता का लाभ किस व्यक्ति को प्राप्त होता है?...? (८) गैर जिम्मेदार व्यक्ति किस प्रकार हानि कारक है? (९) शासन तन्त्र की गैर जिम्मेदारी ने भारत देश को ...
- (७) सिद्ध करो अनीति करने की तरह अनीति सहना भी पाप है?...? (८) अपराध क्यों बढ़ रहे हैं? (९) उन्हें कैसे रोका जाना चाहिए? कथाएँ —— (१) पाण्डव उन दिनों राजा विरा...
- (७) सिद्ध करो कि अनीति करने की तरह अनीति सहना भी पाप है?...? (८) अपराध क्यों बढ़ रहे हैं? (९) उन्हें कैसे रोका जाना चाहिए? धर्मतंत्र को प्रगतिशील बनने दिया जाये ज...
- (७) स्वास्थ्य के लिये कैसा वातावरण जरूरी है?...? (८) परिश्रम के क्या लाभ हैं, शारीरिक श्रम कितना किया जाए? (९) ब्रह्मचर्य जीवन के लिये क्यों आवश्यक ह...
- (७) हमारी सरकार तथा धर्म संस्थाएँ भिक्षा उन्मूलन में किस प्रकार सहयोग दे सकती हैं?...? (८) यदि भिक्षा व्यवसाय खत्म कर दिया जाए तो समाज कैसे इनके बोझ से छूटेगा? मृतक भोज भी अविवेकपूर्ण न ह...
- (७) हर जगह कौन-कौन से शाक उगाये जा सकते हैं?...? (८) फूलोत्पादन से क्या लाभ हैं? (१०) हरित-क्रान्ति से क्या समझते हो? (११) कम खर्च में थोड़ी भूमि में ...
- (७) हर जगह कौन-कौन से शाक उगायें जा सकते हैं?...? (८) फूलों-उत्पादन से क्या लाभ है? (९) पौध एवं नर्सरी लगाने से क्या लाभ है? (१०) हरित क्रान्ति से क्या...
- (७) हिन्दू समाज की संख्या निरन्तर कम होने का क्या कारण है?...? (८) हिन्दू समाज संकीर्ण, अनुदार एवं अन्यायी क्यों कहा जाता है? (९) ऊँच-नीच के मामलों में हमारा कर्तव...
- (८) अनैतिक व्यक्ति को लोग प्यार क्यों नहीं करते?...? (९) सामाजिक तिरस्कार एवं असहयोग भी क्षण के लिये भी शान्ति का अनुभव क्यों नहीं करता है। कथाएँ —— (१)...
- (८) अपने देश में वोटरों को बहकाया जाना सरल क्यों है?...? (९) लोकमानस का स्तर ऊँचा उठाने के लिए क्या किया जाना चाहिए? (१०) पार्टियाँ अपना गौरव क्यों खो चुकी ह...
- (८) अपराध क्यों बढ़ रहे हैं?...? (९) उन्हें कैसे रोका जाना चाहिए? कथाएँ —— (१) पाण्डव उन दिनों राजा विराट् के यहाँ छद्म वेष से रह रह...
- (८) अपराध क्यों बढ़ रहे हैं?...? (९) उन्हें कैसे रोका जाना चाहिए? धर्मतंत्र को प्रगतिशील बनने दिया जाये जिस तरह व्यक्तिगत जीवन में ‘व...
- (८) अमीरी प्रदर्शित करने वाले स्त्री और पुरुष का समझदार वर्ग पर क्या असर पड़ता है?...? (९) ठाठ-बाट और अपव्यय के बजाय बचत का पैसा हमें कहाँ खर्च करना चाहिए? (१०) सादगी सज्जनता का प्रतिनिध...
- (८) अवाँछनीयता से किस प्रकार निपटा जाए?...? (९) अब की अपेक्षा कहीं सुखद और सरल-परिस्थितियों का निर्धारण कैसे किया जाए? (१०) सहकारिता और सद्भावना...
- (८) अवांछनीय तत्त्वों का उग्र प्रतिरोध कैसे किया जायेगा?...? (९) ठगी एवं हरामखोरी को बन्द करने के लिए कौन से कदम उठाये जायें। (१०) संघर्ष की बहुमुखी प्रचण्ड प्रक...
- (८) अवांछनीय तत्त्वों का उग्र प्रतिरोध कैसे किया जायेगा?...? (९) ठगी एवं हरामखोरी को बन्द करने के लिए कौन-से कदम उठाये जायें? (१०) संघर्ष की बहुमुखी प्रचण्ड-प्रक...
- (८) अवांछनीय स्थितियाँ किस तरह बदली जा सकती हैं?...? (९) हिम्मत क्या है? इसे अपनाने से क्या लाभ होते हैं? (१०) किस दुश्मन ने हमारी मनोभूमि का ढाँचा ही बद...
- (८) आज का मानव किस प्रकार का व्यवहार कर रहा है?...? कथाएँ —— (१) राजा महेन्द्रप्रताप के कोई सन्तान नहीं थी। उनकी धर्मपत्नी ने लड़का गोद लेने की इच्छा की...
- (८) आत्म शान्ति एवं सन्तोष किन्हें मिलता है?...? (९) नरक क्या है? क्या वह इसी लोक में नहीं है? (१०) ‘भवबन्धन’ की मान्यता कहाँ तक सही है? (११) जन्म-मरण...
- (८) आदर्श दिनचर्या बनाइये?...? (९) लगन एवं मनोयोग से ही बड़े काम होते हैं? सिद्ध करें। (१०) फुरसत न मिलने का बहाना बे बुनियाद कैसे ह...
- (८) इस समय नारियों को क्या करना चाहिए, पर वे क्या कर रही हैं?...? (९) अश्लीलता की बाढ़ से समाज को बचाये रखने के लिए हमें क्या करना चाहिए? भिक्षावृत्ति को व्यवसाय न रहन...
- (८) इस समय नारियों को क्या करना चाहिए पर वे क्या कर रही हैं?...? (९) अश्लीलता की बाढ़ से समाज को बनाये रखने के लिये हमें क्या करना चाहिए? कथाएँ —— (१) पाकिस्तान की ...
- (८) उपजातियाँ कैसे बनीं?...? दहेज से बचने के लिये क्या किया जाय? (९) युग निर्माण योजना द्वारा इस सम्बन्ध में किये जाने वाले कार्य...
- (८) उपजातियाँ कैसे बनीं?...? दहेज से बचने के लिए क्या किया जाय? (९) युग-निर्माण योजना द्वारा इस सम्बन्ध में किये जाने वाले कार्यो...
- (८) उपदेश नहीं चरित्र का क्या प्रभाव पड़ता है सिद्ध करें?...? (९) ‘‘आत्म चिन्तन’’ आत्म-सुधार एवं ‘‘आत्म निर्माण’’ से क्या समझते हो? (१०) अध्यापन कला के आवश्यक तत्त...
- (८) उपदेश नहीं चरित्र का क्या प्रभाव पड़ता है-सिद्ध करें?...? (९) ‘आत्म-चिन्तन’ ‘आत्म-सुधार’ एवं ‘आत्म-निर्माण’ से क्या समझते हो? (१०) अध्यापन कला के आवश्यक तत्त्...
- (८) कला का उपयोग युग निर्माण हेतु कैसे किया जा सकता है?...? कथाएँ —— (१) आचार्य धौम्य एक नृत्योत्सव में सम्मिलित हुए। उसमें उनका एक शिष्य भी था। दूसरे दिन पाठ...
- (८) कला का उपयोग युग-निर्माण हेतु कैसे किया जा सकता है?...? रचनात्मक कार्यक्रमों से ही देश समर्थ बनेगा अधिक प्रभाव उन घटनाओं का पड़ता है, जो आँख के आगे से गुजरत...
- (८) कस्तूरी, चँवर, मोती, बालों वाले बच्चों के कोट, मोजे, दस्ताना, टोपी आदि किस प्रकार प्राप्त किये जाते हैं?...? (९) चमड़े की जगह हमें किन वस्तुओं को उपयोग में लाना चाहिए कि निरीह प्राणियों का संहार न हो? (१०) क्या...
- (८) कस्तूरी, चँवर, मोती, बालों वाले बच्चों के कोट, मोजे, दस्ताने, टोपे आदि किस प्रकार प्राप्त किये जाते हैं?...? (९) चमड़े की जगह हमें किन वस्तुओं को उपयोग में लाना चाहिए कि निरीह प्राणियों का संहार न हो? (१०) क्या...
- (८) किस प्रकार कोई चतुर वक्ता कुरीतियों एवं विकृतियों का उन्मूलन करा सकता है?...? कथाएँ —— (१) आज शस्त्र पूजा क्यों होती है? एक ग्रामीण युवक ने पुरोहित से प्रश्न किया इसलिये कि मनु...
- (८) किस प्रकार कोई चतुर वक्ता कुरीतियों एवं विकृतियों का उन्मूलन करा सकता है?...? जन्म-दिवस और विवाह-दिवस मनाये जायें सभी अवतार सहस्त्र कलाओं वाले परब्रह्म के छोटे-छोटे अंशधर होते ह...
- (८) कृतज्ञ किसे होना चाहिए व क्यों?...? (९) आज के युवकों के क्या कर्तव्य हैं? (१०) हिन्दू समाज के संगठित न होने के प्रमुख कारण क्या है?...
- (८) कृतज्ञ किसे होना चाहिए व क्यों?...? (९) आज के युवकों का क्या कर्तव्य है? (१०) हिन्दू समाज के संगठित न होने का प्रमुख कारण क्या है? बाल-व...
- (८) क्या गायत्री यज्ञ आन्दोलन अधिक दृष्टि से भी कम खर्चीला है?...? किस तरह? (९) नर और नारी समान गायत्री यज्ञ आन्दोलन से किस प्रकार लाभ प्राप्त कर सकते हैं? कथाएँ —— (...
- (८) क्या गायत्री यज्ञ आन्दोलन आर्थिक दृष्टि से भी अधिक खर्चीला है किस तरह?...? (९) नर और नारी गायत्री यज्ञ आन्दोलन से किस प्रकार लाभ प्राप्त कर सकते हैं? शिखा—भारतीय संस्कृति की ध...
- (८) क्या छोटी आयु में विवाह कर देने से लड़कियाँ शीलवान बनी रह सकती हैं?...? (९) उस कारण को समझाइए जिसके कारण लड़कियाँ का विवाह छोटी उम्र में ही कर दिया जाता था? खर्चीली शादियाँ ...
- (८) गाँवों के पिछड़े लोग किस प्रकार के देवी-देवताओं को मानते हैं तथा उनसे उन्हें क्या हानियाँ हैं?...? (९) भूत-पलीत और इनका उद्भिज देवी-देवताओं के जंजाल से छूटने के लिए क्या किया जाना चाहिए? पशुबलि—भारती...
- (८) गैर जिम्मेदार व्यक्ति किस प्रकार हानि कारक है?...? (९) शासन तन्त्र की गैर जिम्मेदारी ने भारत देश को किस तरह हानि पहुँचाई है? (१०) समाज के सदस्य किस प्र...
- (८) गौ-वंश नष्ट होने के कारण बतायें?...? (९) गौ-पालन के लाभों पर प्रकाश डालिए। (१०) गौ-दुग्ध और गौ-घृत के सेवन का व्रत क्यों लेना चाहिए? अधिक...
- (८) घर-घर में चलाये जा सकने योग्य ऐसे कौन से आन्दोलन हैं जिनमें स्त्री जाति की प्रतिष्ठा फिर स्थापित हो सकती है?...? कथाएँ —— (१) शिवदेवी शास्त्री जिस स्कूल में पढ़ती वहाँ की लड़कियों ने एक दिन शिकायत की कि जब वे गलि...
- (८) छात्रों द्वारा सीखे जाने वाले गृह उद्योगों पर प्रकाश डालिए?...? (९) जीवन निर्माण की कला से आप क्या समझते है? (१०) रात्रि पाठशालाओं की आवश्यकता क्यों हैं? कला लोकरंज...
- (८) जनसाधारण में शिक्षा का महत्त्व प्रतिष्ठापित करने हेतु क्या किया जाना चाहिए?...? (९) देश में शत प्रतिशत साक्षरता कैसे लाई जा सकती है? कथाएँ —— (१) ‘‘तार’’ को किसी की मृत्यु की सूचन...
- (८) जन्म दिन का वास्तविक लाभ किस प्रकार प्राप्त किया जा सकता है?...? (९) युग निर्माण योजना के अनुसार विवाह दिन किस प्रकार मनाया जा सकता है? कथाएँ —— (१) पिता को भगवान् ...
- (८) जन्मदिन का वास्तविक लाभ किस प्रकार प्राप्त किया जा सकता है?...? (९) युग-निर्माण योजना के अनुसार विवाह दिन किस प्रकार मनाया जा सकता है। गायत्री और यज्ञ—भारतीय धर्म-स...
- (८) जीवन की प्रथम परीक्षा में उत्तीर्ण होने का उपाय क्या है?...? (९) सज्जनता की सामान्य परिभाषा क्या है? (१०) आदर्श जीवन के कौन-कौन से गुण अपनाना अनिवार्य है? कथाएँ...
- (८) जेवर प्रथा बन्द होने से विवाहों की अवस्था में क्या सुधार हो सकता है?...? कथाएँ —— (१) रामलाल और श्यामलाल का बँटवारा हुआ रामलाल स्त्री के कहने में आ गया और सारी पूँजी जेवरो...
- (८) ज्ञान यज्ञ के होता उद्गाता कैसे लोग हैं?...? (९) हर घर की सच्ची सम्पत्ति क्या है? (१०) झोला पुस्तकालय के महत्त्व पर प्रकाश डालिये?...
- (८) ज्ञान-यज्ञ के होता, उद्गाता कैसे लोग हैं?...? (९) हर घर की सच्ची सम्पत्ति क्या है? (१०) झोला पुस्तकालय के महत्त्व पर प्रकाश डालिए। व्यक्ति और समाज...
- (८) झोला पुस्तकालय किस प्रयोजन की पूर्ति के लिये हैं?...? कथाएँ —— (१) लन्दन की एक सभा में स्वामी विवेकानन्द भाषण कर रहे थे मानव धर्म की प्रतिष्ठा के लिये स...
- (८) झोला-पुस्तकालय किस प्रयोजन की पूर्ति के लिए है?...? ज्ञान-यज्ञ—नवनिर्माण का महानतम अभियान आज व्यक्ति को अनेक व्यथा-वेदनाओं में डूबा हुआ और समाज की अनेक...
- (८) दुष्टता के प्रतिरोध में क्या किया जाए?...? कथाएँ —— (१) तुर्की क्र प्रसिद्ध फकीर जकीर नदी के किनारे रहते थे। एक दिन एक सेव बहा चला आ रहा था। ...
- (८) धर्म के नाम पर पाखण्ड एवं शोषण से जनता को कैसे मुक्त किया जा सकता है?...? (९) राजनीति से अधिक महत्त्व धर्म नीति का क्यों है? (१०) धर्म के सच्चे स्वरूप पर प्रकाश डालिए? प्रश्...
- (८) धर्म के नाम पर पाखण्ड एवं शोषण से जनता को कैसे मुक्त किया जा सकता है?...? (९) राजनीति से अधिक महत्त्व धर्मनीति का क्यों है? (१०) धर्म के सच्चे स्वरूप पर प्रकाश डालिए। साधु-ब्...
- (८) नर से नारायण, पुरुष से पुरुषोत्तम, लघु से महान और आत्मा से परमात्मा किस तरह बन सकता है?...? (९) उपनयन संस्कार करवाने की दक्षिणा के स्वरूप हमें क्या देना चाहिए। (१०) युग निर्माण योजना के उद्दे...
- (८) नर से नारायण, पुरुष से पुरुषोत्तम, लघु से महान और आत्मा से परमात्मा किस तरह बना जा सकता है?...? (९) उपनयन संस्कार करवाने की दक्षिणा के स्वरूप हमें क्या देना चाहिए? (१०) युग-निर्माण योजना के उद्देश...
- (८) नासिका संयम का ध्यान कैसे रखा जाय?...? (९) समृद्धि का सदुपयोग क्या है? (१०) सबसे कल्याण का राज मन्त्र क्या है? कथाएँ —— (१) पड़ोस की एक स्त...
- (८) निरन्तर प्रगति एवं उन्नति का ‘गुरु मन्त्र क्या है?...? ’ (९) सिद्ध कीजिये कि आलसी हरामखोर या परिश्रमी प्रतिष्ठावान होता है। (१०) समृद्ध एवं समुन्नत बनने का...
- (८) पतिव्रत का महान आदर्श क्या है?...? (९) गृहस्थी को सुखी बनाने में पति का दायित्व अधिक क्यों है। (१०) गृहस्थ जीवन का मूल आधार क्या है? क...
- (८) परिश्रम के क्या लाभ हैं, शारीरिक श्रम कितना किया जाए?...? (९) ब्रह्मचर्य जीवन के लिये क्यों आवश्यक है? (१०) हमारा जीवन किस प्रकार का हो? कथाएँ —— (१) प्रसिद्...
- (८) पशुबलि समाप्त करने के लिए क्या प्रयत्न किये जाने चाहिए?...? (९) आधुनिक युग में बलि की प्रथा में कैसे संशोधन किया जाये? (१०) पशुबलि का समर्थन कौन करता है? प्राणि...
- (८) पशुबलि समाप्त करने के लिये क्या प्रयत्न किये जाने चाहिए?...? (९) आधुनिक युग में बलि की प्रथा में कैसे संशोधन किया जावे। (१०) पशुबलि का समर्थन कौन करता है? प्रश्...
- (८) पाणिग्रहण की महत्ता क्या है?...? (९) दाम्पत्य जीवन में स्वर्ग उतारने की व्यवहारिक योजना बनाइये। कथाएँ —— (१) च्यवन समाधि में लीन था ...
- (८) फूलों-उत्पादन से क्या लाभ है?...? (९) पौध एवं नर्सरी लगाने से क्या लाभ है? (१०) हरित क्रान्ति से क्या समझते हो? (११) कम खर्च में थोड़ी भ...
- (८) फूलोत्पादन से क्या लाभ हैं?...? (१०) हरित-क्रान्ति से क्या समझते हो? (११) कम खर्च में थोड़ी भूमि में कौन-कौन उपाय पनप सकता है? वृक्षा...
- (८) बच्चों का सच्चा शिक्षण कहाँ होता है-वह किस पर निर्भर है?...? (९) विवाह प्रचलन की सार्थकता किसमें हैं? (१०) प्रयत्न पूर्वक कैसी चेष्टा की जानी चाहिए।कथाएँ —— (१)...
- (८) बुरे विचारों से किस तरह बचा जा सकता है?...? विचारों के उत्पादन का स्रोत क्या है? (९) विचारों की भूल का प्रायश्चित परिमार्जन कैसे किया जाये। कथा...
- (८) बेटी वाले को किस प्रकार का बरताव करना चाहिए?...? उच्च शिक्षित कन्या की विवाह समस्या और उसके नये हल मानव जाति का उज्ज्वल भविष्य नारी का स्तर ऊँचा उठा...
- (८) बेटी वाले को किस प्रकार का बर्ताव करना चाहिए?...? कथाएँ —— (१) अमरेली (गुजरात) के भीलड़ी ग्राम में एक शादी हो रही थी। चौथी भँवर चल रही थी कि लड़के वाल...
- (८) भक्ति योग का क्या अर्थ है?...? (९) वसुधैव कुटुम्बकम् की भावना कैसे जागती है? (१०) आत्मा परमात्मा में किस प्रकार मिलता है? कथाएँ ——...
- (८) भक्तियोग का क्या अर्थ है?...? (९) वसुधैव कुटुम्बकम् की भावना कैसे जागती है? (१०) आत्मा-परमात्मा में किस प्रकार मिलती है? आध्यात्मि...
- (८) भारतीय समाज में विवाह की प्रथा में क्या-क्या संशोधन होना आवश्यक है?...? बिना खर्च के विवाहों का प्रचण्ड आन्दोलन चल पड़े इस देश में ८ लाख गाँव और ९० करोड़ लोग बसते हैं। यदि ह...
- (८) भोजन किस तरह से किया जाना चाहिए?...? (९) आहार के सिवा और किस पर नियंत्रण रखा जाना चाहिए? किस तरह? (१०) नियमित दिनचर्या किस प्रकार श्रेष्...
- (८) भोजन परोसने में क्या सावधानी रखनी चाहिए?...? (९) सप्ताह में एक उपवास क्यों आवश्यक है? उपवास के लाभ बताइये? (१०) चूहों व कीड़ों से अन्न की बरबादी ...
- (८) मर्यादा उल्लंघन में क्या हानियाँ है?...? (९) आज के युवकों में अनुशासनहीनता क्यों है उन्हें कैसे सभ्य नागरिक बनाया जा सकता है? उदार सहकारिता स...
- (८) मर्यादा के उल्लंघन से क्या हानियाँ है?...? (९) आज के युवकों में अनुशासन हीनता क्यों है उन्हें कैसे सभ्य-नागरिक बनाया जा सकते है? कथाएँ —— (१) ...
- (८) महात्मा कबीर के पास एक युवक दम्पत्ति पहुँचे और बोले महात्मन् हम दोनों में परस्पर प्रेम और एकता न होने से खींचतान बनी रहती हैं?...? कुछ समझ में नहीं आता गृहस्थ सुख कैसे पायें। कबीर बोले विवाह के समय जो प्रतिज्ञायें लिखकर घर की दीवार...
- (८) मृतक भोज खाना स्वाभिमानी व्यक्ति के गौरव के सर्वथा विपरीत क्यों है?...? (९) सत्यानाशी कुप्रथाओं का अन्त कैसे होगा? (१०) मृतक की सम्पत्ति का सर्वोत्तम सदुपयोग किन २ कामों मे...
- (८) मृतक भोज खाना स्वाभिमानी व्यक्ति के गौरव के सर्वथा विपरीत क्यों है?...? (९) सत्यानाशी कुप्रथाओं का अन्त कैसे होगा? (१०) मृतक की सम्पत्ति का सर्वोत्तम सदुपयोग किन-किन कामों ...
- (८) यज्ञ से मनुष्य को क्या प्रेरणाएँ ग्रहण करनी चाहिए?...? गायत्री यज्ञ-आन्दोलन—एक महान रचनात्मक अभियान यों यज्ञ कई प्रकार के होते हैं, अलग-अलग देवी-देवताओं त...
- (८) यदि भिक्षा व्यवसाय खत्म कर दिया जाए तो समाज कैसे इनके बोझ से छूटेगा?...? मृतक भोज भी अविवेकपूर्ण न हों मनुष्य के मरने के बाद उसके परिवारी प्रियजनों को वियोग-जन्य दुःख और सं...
- (८) यदि भिक्षा व्यवसाय खत्म कर दिया जाय तो समाज कैसे इनके बोझ से छूटेगा?...? कथाएँ —— (१) हजरत इब्राहिम के पास एक भिखारी आया और भीख माँगने लगा।...
- (८) यह कभी आपको पिता-माता या परिवार वालों की तरफ से अनीति को मानने का आग्रह किया जाय तो क्या आप आग्रह मान लेंगे?...? यदि नहीं तो आपको उस समय क्या आवश्यक है। (९) क्या आप कुछ पुराने समय के ऐसे उदाहरण दे सकते हैं कि परिव...
- (८) युवावस्था को अलंकृत करने वाले सद्गुण कौन-कौन से हैं?...? (९) युवकों को अपना स्वर्णिम एवं शानदार भविष्य बनाने के लिए क्या करना चाहिए? नवयुवक सज्जनता और शालीनत...
- (८) वानप्रस्थ आश्रम परम्परा के लोप हो जाने से हमारे भारतीय समाज को क्या हानियाँ उठानी पड़ी हैं?...? (९) आपके विचार में इन चारों आश्रमों में सबसे अधिक महत्त्वपूर्ण आश्रम (समाज के लिये) कौन सा है? तथा क...
- (८) विचार क्रान्ति के आदर्श वारी विचारधारा का प्रतिपादन करने के लिए किस प्रकार से कार्य-किया जाना चाहिए?...? (९) समय की महत्त्वपूर्ण आवश्यकता शिक्षा के प्रचार के लिये हमें किस तरह अपना कर्तव्य पूरा करना होगा? ...
- (८) विदेशी शासकों के जाने के बाद भी २३ वर्ष बीत जाने पर भी हम उन्नति क्यों नहीं कर सके?...? (९) भाग्यवाद उपयोगी भी है। कब? कैसे? (१०) कर्म भाग्य कब बनता है?कथाएँ —— (१) एक युवक को नौकरी के लिए...
- (८) विद्वानों की पंक्ति में किस तरह बैठा जा सकता है?...? (१०) हमें अपना महत्त्व ज्ञात करने के लिए क्या करना चाहिए। कथाएँ —— (१) वैद्य जी ने रोगी को दवा दी औ...
- (८) विधवाओं के साथ क्या उदारता बरती जानी चाहिए?...? कथाएँ —— (१) समाज सुधारक महर्षि कर्वे से एक व्यक्ति ने कहा-विधवा विवाह नहीं करना चाहिए क्योंकि एक...
- (८) विधवाओं के साथ क्या उदारता बरती जानी चाहिए?...? मनस्वी-शूरवीर विवाहोन्माद के असुर से जूझें धर्म के मूल सिद्धान्त तो सनातन हैं वे अपरिवर्तित रहते है...
- (८) विनाश के उत्पादन से क्या समझते हो?...? इस व्यय को अन्य उद्योगों में कैसे लगाया जा सकता है? (९) तंबाकू से अपराध वृत्ति कैसे पनपती है? (१०) ‘...
- (८) विवेकशीलता का तकाजा क्या है?...? (९) विवाह प्रथा में सुधार का प्रारम्भ कैसे किया जाय। युग की माँग क्या है? (१०) विवाहोत्सव की योजना क...
- (८) विवेकशीलता का तकाजा क्या है?...? (९) विवाह प्रथा में सुधार का प्रारम्भ कैसे किया जाय? युग की माँग क्या है? (१०) विवाहोत्सव की योजना क...
- (८) वृक्षों से भूमि संरक्षण कैसे होता है?...? (९) पीपल, बड़ एवं आँवले की पूजा क्यों की जाती है? (१०) वृक्ष हमारी खाद्य समस्या को हल करने में कैसे स...
- (८) व्यायाम आन्दोलन की आवश्यकता पर प्रकाश डालिए?...? कथाएँ —— (१) एक व्यक्ति कई-कई दिन तक बाहर रहता, लौट कर आता तो पड़ोसी पूछता आज कल आप क्या कर रहे हैं...
- (८) शिक्षित नारी के विवाह की कठिनाइयों को दूर करने के लिए किन-किन धारणाओं को बदलना चाहिए?...? (९) शिक्षित लड़की खुद ही दहेज किस प्रकार से है? कथाएँ —— (१) ताजकुण्डिया की एम. ए. पास कन्या ने कक्षा...
- (८) शिक्षित युवकों की बेकारी की समस्या किस प्रकार हल की जा सकती हैं?...? (९) ‘युग निर्माण विद्यालय’ यह आप किस आधार पर कह सकते हैं कि यह विद्यालय व्यक्ति को रोजगार, आर्थिक उन...
- (८) शिक्षित युवकों की बेकारी समस्या किस प्रकार हल की जा सकती है?...? (९) ‘युग निर्माण विद्यालय’ यह आप किस आधार पर कह सकते हैं कि यह विद्यालय व्यक्ति को रोजगार, आर्थिक उन...
- (८) शिक्षित लड़की खुद ही दहेज किस प्रकार से है?...? विधुर और विधवाएँ समान न्याय के अधिकारी नर और नारी ईश्वर की दो आँखें, दो भुजाएँ, दो सन्तान हैं। दोनो...
- (८) सन्तान सीमित हो क्यों आवश्यक है?...? (९) कुरीतियों और अन्ध-परम्पराओं की हानियाँ बताओ? (१०) परिवार के भावनात्मक विकास तथा अनुभव में वृद्धि...
- (८) संयुक्त परिवार की आचार संहिता का आधार क्या हो?...? (९) संयुक्त परिवार की परम्परा को कैसे जीवित रखा जाय। कथाएँ— (१) एक किसान के चारों बेटों में झगड़ा ह...
- (८) सप्ताह में एक उपवास क्यों आवश्यक है?...? उपवास के लाभ बताइए। (९) चूहों व कीड़ों से अन्न की बर्बादी बचाने के लिए क्या किया जाये? (१०) अन्न संकट...
- (८) समय की बरबादी धन की बरबादी से भी अधिक अहित कर है-सिद्ध करें?...? (९) व्यायाम में सफलता का रहस्य क्या है? (१०) मिलावट से क्या हानि है? कथाएँ —— (१) बात बंगाल के कुमि...
- (८) सामने वाले व्यक्ति से हमें क्रोध न करके किस प्रकार का व्यवहार करना चाहिए?...? (९) क्रोध करने से हमें शारीरिक कठिनाइयाँ क्यों होती हैं! कथाएँ —— (१) भगवान् बुद्ध एक ऐसे गाँव में ...
- (८) सामाजिक शोषण, अशिक्षा आदि सहकारिता के द्वारा किस प्रकार हल हो सकेंगे?...? प्रगति के लिए श्रम, सम्मान एवं गृह-उद्योगों की आवश्यकता वह समय चला गया जब एक कमाता था और सारा परिवा...
- (८) सेवा दलों के संगठन का महत्त्व रचनात्मक कार्यों के अन्तर्गत क्यों है?...? (९) क्या पुस्तकालयों की आज के समय में अत्यन्त आवश्यकता है? कथाएँ —— (१) खान अब्दुल गफ्फार से एक पत्...
- (८) सेवा दलों के संगठन का महत्त्व रचनात्मक कार्यों के अन्तर्गत क्यों है?...? (९) क्या पुस्तकालयों की आज के समय में अत्यन्त आवश्यकता है?...
- (८) स्वच्छ रहने का प्रतिफल हमें क्या मिलेगा?...? कथाएँ —— (१) धूल धूसरित वेश और अस्त-व्यस्त केश एक व्यक्ति सन्त सुकरात के पास जाकर बोला-महाराज धर्म ...
- (८) स्वतंत्र चिन्तन एवं पुरुषार्थ पूर्ण कर्तव्य ही सुख के सारे द्वार खोलता है?...? सिद्ध कीजिए (९) सिद्ध कीजिए कि शकुन, मुहूर्त, कुण्डली, राशिफल, मनुष्य को भयभीत व कमजोर बनाते हैं? (१...
- (८) स्वाध्याय के लिए कैसा साहित्य होना चाहिए?...? (९) युग निर्माण योजना के साहित्य पर प्रकाश डालें। (१०) स्वाध्याय को नित्य कर्म क्यों मानना चाहिए? क...
- (८) स्वाध्याय के लिए कैसा साहित्य होना चाहिए?...? (९) युग निर्माण योजना के साहित्य पर प्रकाश डालें? (१०) स्वाध्याय को नित्यकर्म क्यों मानना चाहिए? अपन...
- (८) स्वास्थ्य रक्षा के लिये मनुष्य और स्त्रियों को क्या-क्या शारीरिक श्रम करना चाहिए?...? (९) हमारे मनोविकारों का हमारे स्वास्थ्य पर क्या प्रभाव पड़ता है? (१०) स्वास्थ्य रक्षा के लिये हमें मा...
- (८) हम किन-किन अनावश्यक खर्चों को कम करके बचत कर सकते हैं?...? (९) जेब में रुपया रख के घूमना और उधार लेना किस प्रकार हानि कारक है? (१०) अमीरों के रहन-सहन की नकल कर...
- (८) हमारी किन दुर्बलताओं के कारण अनीति करने वाले हमें ठग जाते हैं?...? (९) अनीति से ठगे जाने से बचने के लिये हमें क्या-क्या सावधानियाँ रखना चाहिए? (१०) क्या अनीति का प्रत...
- (८) हमारे मन्दिरों में लगी सम्पत्ति तथा व्यक्तियों के क्या पूजा और आरती के सिवाय भी कोई कर्तव्य हैं?...? कथाएँ —— (१) एक बार कबीर ने प्रसंग वश अपने एक अनुयायी से कहा मैं अभी एक मन्दिर से होकर आ रहा हूँ। ...
- (८) हमारे मन्दिरों में लगी सम्पत्ति तथा व्यक्तियों के क्या पूजा और आरती के सिवाय भी कोई कर्तव्य हैं?...? त्यौहार और संस्कार प्रेरणाप्रद पद्धति से मनाये जायें पर्व, त्यौहारों का प्रचलन मात्र हर्षोत्सव मनान...
- (८) हमेशा हँसते-हँसाते रहने वाले व्यक्ति खुद को तथा परिवार को किस प्रकार लाभ पहुँचाते हैं?...? (९) हँसना किस प्रकार अमीरों की दौलत से भी बढ़कर हैं?कथाएँ —— (१) एक बार गाँधीजी से एक लड़का मिलने आया।...
- (८) हिन्दू समाज संकीर्ण, अनुदार एवं अन्यायी क्यों कहा जाता है?...? (९) ऊँच-नीच के मामलों में हमारा कर्तव्य क्या है? कथाएँ —— (१) किसी ने विनोबा जी से पूछा-आप महाराष्ट...
- (८) हिन्दू समाज संकीर्ण, अनुदार एवं अन्यायी क्यों कहा जाता है?...? (९) ऊँच-नीच के मामलों में हमारा कर्तव्य क्या है। अश्लीलता की बाढ़ हमें पतित बना रही है स्त्री-पुरुषों...
- (९) अनीति से ठगे जाने से बचने के लिये हमें क्या-क्या सावधानियाँ रखना चाहिए?...? (१०) क्या अनीति का प्रतिरोध करने से जो हानि होती है उसके डर से हमें अनीति का प्रतिरोध नहीं करना चाहि...
- (९) अब की अपेक्षा कहीं सुखद और सरल-परिस्थितियों का निर्धारण कैसे किया जाए?...? (१०) सहकारिता और सद्भावना का क्षेत्र कैसे बढ़े? (११) तत्त्वदर्शन-क्षेत्र में परिष्कार विरोधी मान्यता...
- (९) अश्लीलता की बाढ़ से समाज को बचाये रखने के लिए हमें क्या करना चाहिए?...? भिक्षावृत्ति को व्यवसाय न रहने दें मनुष्यता का यह सबसे बड़ा अपमान है कि समर्थ होते हुए भी व्यक्ति दू...
- (९) अश्लीलता की बाढ़ से समाज को बनाये रखने के लिये हमें क्या करना चाहिए?...? कथाएँ —— (१) पाकिस्तान की बात है। एक लड़की बुर्के में कॉलेज से निकली एक मनचले युवक ने उसका पीछा किय...
- (९) आज के युवकों का क्या कर्तव्य है?...? (१०) हिन्दू समाज के संगठित न होने का प्रमुख कारण क्या है? बाल-विवाह—एक अति घातक कुप्रथा अपने देश में...
- (९) आज के युवकों के क्या कर्तव्य हैं?...? (१०) हिन्दू समाज के संगठित न होने के प्रमुख कारण क्या है? कथाएँ —— (१) विश्व भारती महिला कॉलेज श्री...
- (९) आज के युवकों में अनुशासन हीनता क्यों है उन्हें कैसे सभ्य-नागरिक बनाया जा सकते है?...? कथाएँ —— (१) पिता ने पुत्र को कुछ फल लाने को पैसे दिये। लड़का वहाँ से चल पड़ा तो उसे एक कन्या दिखाई ...
- (९) आज के युवकों में अनुशासनहीनता क्यों है उन्हें कैसे सभ्य नागरिक बनाया जा सकता है?...? उदार सहकारिता से हमारी उलझनें सुलझेंगी अकेला व्यक्ति कितना ही प्रतिभावान क्यों न हो, अपने ही बल-बूत...
- (९) आधुनिक युग में बलि की प्रथा में कैसे संशोधन किया जाये?...? (१०) पशुबलि का समर्थन कौन करता है? प्राणियों के प्रति निर्मम और निष्ठुर न बनें भगवान का एकमात्र पुत्...
- (९) आपके विचार में इन चारों आश्रमों में सबसे अधिक महत्त्वपूर्ण आश्रम (समाज के लिये) कौन सा है?...? तथा क्यों? कथाएँ —— (१) ५५ वर्ष की आयु में अध्यापक से रिटायर एक व्यक्ति ने विद्या की साधना प्रारम्भ...
- (९) आहार के सिवा और किस पर नियंत्रण रखा जाना चाहिए?...? किस तरह? (१०) नियमित दिनचर्या किस प्रकार श्रेष्ठ, शक्तिशाली बनाती है? कथाएँ —— (१) प्रसिद्ध अमरीकी-...
- (९) उन्हें कैसे रोका जाना चाहिए?...? कथाएँ —— (१) पाण्डव उन दिनों राजा विराट् के यहाँ छद्म वेष से रह रहे थे। विराट् के साले कीचक की कुद...
- (९) उन्हें कैसे रोका जाना चाहिए?...? धर्मतंत्र को प्रगतिशील बनने दिया जाये जिस तरह व्यक्तिगत जीवन में ‘वासना और तृष्णा’ दो बड़े और प्रभाव...
- (९) उपनयन संस्कार करवाने की दक्षिणा के स्वरूप हमें क्या देना चाहिए?...? (१०) युग-निर्माण योजना के उद्देश्यों की पूर्ति में बड़ी सहायता किस प्रकार मिल सकती है? ज्ञान-यज्ञ का ...
- (९) उस कारण को समझाइए जिसके कारण लड़कियाँ का विवाह छोटी उम्र में ही कर दिया जाता था?...? खर्चीली शादियाँ हमें बेईमान और दरिद्र बनाती हैं संसार भर में विवाहोत्सव एक सरल पारिवारिक उत्सव के र...
- (९) ऊँच-नीच के मामलों में हमारा कर्तव्य क्या है?...? कथाएँ —— (१) किसी ने विनोबा जी से पूछा-आप महाराष्ट्रीय ब्राह्मण हैं, कोकाणस्थ या देशस्य? उन्होंने ...
- (९) कुरीतियों और अन्ध-परम्पराओं की हानियाँ बताओ?...? (१०) परिवार के भावनात्मक विकास तथा अनुभव में वृद्धि के लिए क्या करें? कथाएँ —— (१) एक गृहस्थ एक साध...
- (९) क्या पुस्तकालयों की आज के समय में अत्यन्त आवश्यकता है?...? कथाएँ —— (१) खान अब्दुल गफ्फार से एक पत्रकार ने प्रश्न किया-आप इतना कम भाषण क्यों देते हैं? सीमान्...
- (९) क्या पुस्तकालयों की आज के समय में अत्यन्त आवश्यकता है?...? अनीति, असुरता के विरुद्ध प्रबल संघर्ष किया जायेगा कोमल और सौम्य तत्त्वों को इशारे से समझाकर विवेक ए...
- (९) चमड़े की जगह हमें किन वस्तुओं को उपयोग में लाना चाहिए कि निरीह प्राणियों का संहार न हो?...? (१०) क्या माँसाहार द्वारा हम अपने शरीर को सुदृढ़ बना सकते हैं? कथाएँ —— (१) कन्धे पर लहू लुहान कुत्त...
- (९) चमड़े की जगह हमें किन वस्तुओं को उपयोग में लाना चाहिए कि निरीह प्राणियों का संहार न हो?...? (१०) क्या माँसाहार द्वारा अपने शरीर को सुदृढ़ बना सकते हैं? विवाहों के आदर्श ऊँचे रखे जायें विवाह दो...
- (९) चूहों व कीड़ों से अन्न की बर्बादी बचाने के लिए क्या किया जाये?...? (१०) अन्न संकट को उत्पादन वृद्धि से ही नहीं संरक्षण एवं उपयोग के विवेकपूर्ण तरीकों से भी टाला जा सकत...
- (९) जीवन निर्माण की कला से आप क्या समझते है?...? (१०) रात्रि पाठशालाओं की आवश्यकता क्यों हैं? कला लोकरंजन ही नहीं, भावनाओं का परिष्कार भी करे भावनाओं...
- (९) जीवन निर्माण की कला से क्या समझते हैं?...? (१०) रात्रि पाठशालाओं की आवश्यकता क्यों है? कथाएँ —— (१) गाँधी जी से एक व्यक्ति ने पूछा-आप बुनियादी...
- (९) जेब में रुपया रख के घूमना और उधार लेना किस प्रकार हानि कारक है?...? (१०) अमीरों के रहन-सहन की नकल करना किस प्रकार हानिकारक है? कथाएँ —— (१) सरदार वल्लभभाई पटेल विलायत ...
- (९) ठगी एवं हरामखोरी को बन्द करने के लिए कौन-से कदम उठाये जायें?...? (१०) संघर्ष की बहुमुखी प्रचण्ड-प्रक्रिया से क्या समझते हो? आज के व्यक्ति के सामने उलझनें और जिज्ञासा...
- (९) ठाठ-बाट और अपव्यय के बजाय बचत का पैसा हमें कहाँ खर्च करना चाहिए?...? (१०) सादगी सज्जनता का प्रतिनिधित्व करती है सिद्ध कीजिये? कथाएँ —— (१) श्री लाल बहादुर शास्त्री उन द...
- (९) तंबाकू से अपराध वृत्ति कैसे पनपती है?...? (१०) ‘‘सभी धर्मों ने नशेबाजी की निन्दा की है’’ सिद्ध कीजिये? तंबाकू का सेवन अप्राकृतिक है? कथाएँ ——...
- (९) देश में शत प्रतिशत साक्षरता कैसे लाई जा सकती है?...? कथाएँ —— (१) ‘‘तार’’ को किसी की मृत्यु की सूचना समझकर एक घर के अशिक्षित लोग रोने लगे इसी बीच पड़ोस...
- (९) नर और नारी गायत्री यज्ञ आन्दोलन से किस प्रकार लाभ प्राप्त कर सकते हैं?...? शिखा—भारतीय संस्कृति की धर्म-ध्वजा भारतीय सभ्यता और संस्कृति के दो प्रमुख प्रतीक हैं एक शिखा (चोटी)...
- (९) नर और नारी समान गायत्री यज्ञ आन्दोलन से किस प्रकार लाभ प्राप्त कर सकते हैं?...? कथाएँ —— (१) अश्वमेध समाप्त कर बैठे महाराज युधिष्ठिर कुछ चिन्तित से थे। ज्ञानी शुकदेव ने चिन्ता का...
- (९) नरक क्या है?...? क्या वह इसी लोक में नहीं है? (१०) ‘भवबन्धन’ की मान्यता कहाँ तक सही है? (११) जन्म-मरण क्या है? (१२) सब...
- (९) नारी के प्रति हमारा क्या कर्तव्य है?...? (१०) नारी को पुरुषों की अपेक्षा अधिक सुविधाएँ क्यों मिलनी चाहिए? (११) विचारशील व्यक्ति का नारी समाज ...
- (९) पीपल, बड़ एवं आँवले की पूजा क्यों की जाती है?...? (१०) वृक्ष हमारी खाद्य समस्या को हल करने में कैसे सहायक होते हैं? तुलसी हमारे हर घर में शोभायमान रहे...
- (९) पौध एवं नर्सरी लगाने से क्या लाभ है?...? (१०) हरित क्रान्ति से क्या समझते हो? (११) कम खर्च में थोड़ी भूमि में कौन सा उद्योग पनप सकता है? कथाएँ...
- (९) ब्रह्मचर्य जीवन के लिये क्यों आवश्यक है?...? (१०) हमारा जीवन किस प्रकार का हो? कथाएँ —— (१) प्रसिद्ध प्राकृतिक चिकित्सक डॉ० जैफर्सन से एक आदमी न...
- (९) भूत पलीत और इन उद्भिज देवी-देवताओं के जंजाल से छूटने के लिए क्या किया जाना चाहिए?...? कथाएँ —— (१) एक आदमी बाहर तीर्थयात्रा पर जाने लगा तो उसने अपना धन एक स्थान पर छिपा दिया और पहचान क...
- (९) भूत-पलीत और इनका उद्भिज देवी-देवताओं के जंजाल से छूटने के लिए क्या किया जाना चाहिए?...? पशुबलि—भारतीय धर्म पर एक कलंक देवता उन्हें कहते हैं जो दें। प्यार, सेवा, सहायता, सौजन्य, करुणा, सद्...
- (९) युग निर्माण योजना के अनुसार विवाह दिन किस प्रकार मनाया जा सकता है?...? कथाएँ —— (१) पिता को भगवान् कृष्ण की पूजा करते देखकर बालक ने पूछा-पिताजी कृष्ण को क्यों पूजना चाहि...
- (९) युग निर्माण योजना के साहित्य पर प्रकाश डालें?...? (१०) स्वाध्याय को नित्यकर्म क्यों मानना चाहिए? अपना महान महत्त्व समझें और अपने को सुधारें हमें दुनिय...
- (९) युग निर्माण योजना द्वारा इस सम्बन्ध में किये जाने वाले कार्यों पर प्रकरण डालिये?...? कथाएँ —— (१) कोटा में नामदेव सम्प्रदाय के लोग प्रतिवर्ष सामूहिक विवाह करते हअैं जिनमें किसी प्रकार...
- (९) युग-निर्माण योजना द्वारा इस सम्बन्ध में किये जाने वाले कार्यों पर प्रकाश डालिए?...? आततायी उद्दण्डता का डटकर मुकाबला किया जाये अपराधों की अभिवृद्धि के आँकड़े जिस तेजी से बढ़ रहे हैं उन...
- (९) युवकों को अपना स्वर्णिम एवं शानदार भविष्य बनाने के लिए क्या करना चाहिए?...? नवयुवक सज्जनता और शालीनता सीखें जीवन निर्माण का महत्त्वपूर्ण समय १२ से लेकर २० वर्ष तक आयु तक रहने ...
- (९) राजनीति से अधिक महत्त्व धर्म नीति का क्यों है?...? (१०) धर्म के सच्चे स्वरूप पर प्रकाश डालिए? प्रश्न —— मअद नेक और ईश्वर भक्त राजकुमार थे। ताजपोशी के ...
- (९) राजनीति से अधिक महत्त्व धर्मनीति का क्यों है?...? (१०) धर्म के सच्चे स्वरूप पर प्रकाश डालिए। साधु-ब्राह्मण समाज अपना कर्तव्य और दायित्व समझें अपने देश...
- (९) लगन एवं मनोयोग से ही बड़े काम होते हैं?...? सिद्ध करें। (१०) फुरसत न मिलने का बहाना बे बुनियाद कैसे है? सिद्ध करें। कथाएँ —— (१) त्रिचनापल्ली क...
- (९) लोकमानस का स्तर ऊँचा उठाने के लिए क्या किया जाना चाहिए?...? (१०) पार्टियाँ अपना गौरव क्यों खो चुकी हैं? प्रबुद्ध नारी—महिला जागरण की कमान सँभालें किसी को गिराने...
- (९) वसुधैव कुटुम्बकम् की भावना कैसे जागती है?...? (१०) आत्मा परमात्मा में किस प्रकार मिलता है? कथाएँ —— (१) इंग्लैण्ड की कामन्स सभी में वाद-विवाद चल ...
- (९) वसुधैव कुटुम्बकम् की भावना कैसे जागती है?...? (१०) आत्मा-परमात्मा में किस प्रकार मिलती है? आध्यात्मिक जीवन के पाँच कदम अध्यात्मवादी उज्ज्वल और उत्...
- (९) विवाह प्रचलन की सार्थकता किसमें हैं?...? (१०) प्रयत्न पूर्वक कैसी चेष्टा की जानी चाहिए।कथाएँ —— (१) बेटी-बेटे ने शरारत की, एक फल वाले के फल ...
- (९) विवाह प्रथा में सुधार का प्रारम्भ कैसे किया जाय?...? युग की माँग क्या है? (१०) विवाहोत्सव की योजना के सही आधार क्या है?...
- (९) व्यायाम में सफलता का रहस्य क्या है?...? (१०) मिलावट से क्या हानि है? कथाएँ —— (१) बात बंगाल के कुमिल्ला जिले की है।...
- (९) शासन तन्त्र की गैर जिम्मेदारी ने भारत देश को किस तरह हानि पहुँचाई है?...? (१०) समाज के सदस्य किस प्रकार समाज के लिए हानि पहुँचाते हैं? कथाएँ —— (१) तब रतलाम के शासक श्री सज्...
- (९) शिक्षित लड़की खुद ही दहेज किस प्रकार से है?...? कथाएँ —— (१) ताजकुण्डिया की एम. ए. पास कन्या ने कक्षा १० पास अध्यापक से विवाह कर लिया। अपने समकक्ष ...
- (९) सज्जनता की सामान्य परिभाषा क्या है?...? (१०) आदर्श जीवन के कौन-कौन से गुण अपनाना अनिवार्य है? कथाएँ —— (१) महाराज अम्बरीष पर क्रुद्ध दुर्वा...
- (९) सत्यानाशी कुप्रथाओं का अन्त कैसे होगा?...? (१०) मृतक की सम्पत्ति का सर्वोत्तम सदुपयोग किन २ कामों में करना चाहिए। कथाएँ —— (१) पं० गजाधर शास्त...
- (९) सत्यानाशी कुप्रथाओं का अन्त कैसे होगा?...? (१०) मृतक की सम्पत्ति का सर्वोत्तम सदुपयोग किन-किन कामों में करना चाहिए। भूत-पलीत और उद्भिज देवी-देव...
- (९) सप्ताह में एक उपवास क्यों आवश्यक है?...? उपवास के लाभ बताइये? (१०) चूहों व कीड़ों से अन्न की बरबादी बचाने के लिए क्या किया जाये? (११) अन्न सं...
- (९) समय की महत्त्वपूर्ण आवश्यकता शिक्षा के प्रचार के लिये हमें किस तरह अपना कर्तव्य पूरा करना होगा?...? (१०) समाज के हित में हित में विचार गोष्ठियों का आयोजन किस हद तक अपना महत्त्व रखता है। कथाएँ —— (१) ...
- (९) समृद्धि का सदुपयोग क्या है?...? (१०) सबसे कल्याण का राज मन्त्र क्या है? कथाएँ —— (१) पड़ोस की एक स्त्री नैपोलियन से बहुत छेड़-छाड़ कर...
- (९) सिद्ध कीजिये शकुन, मुहूर्त कुण्डली, राशिफल मनुष्य को भयभीत व कमजोर बनाते हैं?...? (१०) असफलता का मूल कारण क्या है?कथाएँ —— (१) गधे तब जंगल में खूब मौज से रहते थे एक लोमड़ी ने उन्हें ...
- (९) स्वयं को सुधारने में किस-किस प्रकार के प्रयोग करने चाहिए?...? (१०) जीवन की सार्थकता कैसे अनुभव की जा सकती है। कथाएँ —— (१) आलिवार क्रामदेव की वीरता में मुग्ध होक...
- (९) हँसना किस प्रकार अमीरों की दौलत से भी बढ़कर हैं?...? कथाएँ —— (१) एक बार गाँधीजी से एक लड़का मिलने आया। गाँधीजी नियमित रूप से प्रतिदिन घूमने जाया करते थे,...
- (९) हमारे मनोविकारों का हमारे स्वास्थ्य पर क्या प्रभाव पड़ता है?...? (१०) स्वास्थ्य रक्षा के लिये हमें मानसिक रूप से क्या प्रयत्न करना चाहिए? कथाएँ —— (१) बापू ने अपनी ...
- (९) हर घर की सच्ची सम्पत्ति क्या है?...? (१०) झोला पुस्तकालय के महत्त्व पर प्रकाश डालिये? कथाएँ —— (१) राष्ट्रीय विद्यालय को चलाने के लिये य...
- (९) हर घर की सच्ची सम्पत्ति क्या है?...? (१०) झोला पुस्तकालय के महत्त्व पर प्रकाश डालिए। व्यक्ति और समाज का समग्र निर्माण कर सकने वाली शिक्षा...
- (९) हिम्मत क्या है?...? इसे अपनाने से क्या लाभ होते हैं? (१०) किस दुश्मन ने हमारी मनोभूमि का ढाँचा ही बदल दिया है? कथाएँ ——...
- (९) ‘आत्म-चिन्तन’ ‘आत्म-सुधार’ एवं ‘आत्म-निर्माण’ से क्या समझते हो?...? (१०) अध्यापन कला के आवश्यक तत्त्व बताइए। छात्र अपने भविष्य का निर्माण आप करें प्रत्येक छात्र को यह अ...
- (९) ‘युग निर्माण विद्यालय’ यह आप किस आधार पर कह सकते हैं कि यह विद्यालय व्यक्ति को रोजगार, आर्थिक उन्नति प्राप्त करने में सहयोगी है?...? (१०) सरकार, जनता तथा पूँजीपति इसमें कहाँ तक सहायता दे सकते हैं! कथाएँ —— (१) एक युवक एक साधु के पास...
- (९) ‘युग निर्माण विद्यालय’ यह आप किस आधार पर कह सकते हैं कि यह विद्यालय व्यक्ति को रोजगार, आर्थिक उन्नति प्राप्त करने में सहयोगी है?...? (१०) सरकार, जनता तथा पूँजीपति इसमें कहाँ तक सहयोग दे सकते हैं? अन्न संकट की चुनौती का सामना कैसे करे...
- (९) ‘‘आत्म चिन्तन’’ आत्म-सुधार एवं ‘‘आत्म निर्माण’’ से क्या समझते हो?...? (१०) अध्यापन कला के आवश्यक तत्त्व बताइए? कथाएँ —— (१) महर्षि अश्वलायन को इस बात का बड़ा गौरव था कि उ...
- - बाहर से भी पिसेंगे और भीतर से भी पिसेंगे तो आप मरेंगे नहीं?...? आप ऐसे मत करना। आप, आप क्या करें? फिर बुराइयों को बर्दाश्त करें। नहीं, नहीं ये तो नहीं कहता, बुराइयो...
- / अभिभावक क्या करें?...?
- डायरी लेखन का महत्त्व समझायें।
- कभी-कभी इस सम्बन्ध में पूछ-ताछ भी करें।
- बालक डायरी दिखाने का इच...
- 1000 यज्ञ इस साल हुए हैं और गुरुजी ने कहा है कि अगले वर्ष और उससे आने वाले वर्ष 1,00,000 यज्ञ होंगे तो अभी तक जितने संकल्प लोगों ने लिए हैं पिछले वर्ष के आप देख लेना, समझती हूँ कि 2000 के आस-पास तो पिछले वर्ष के संकल्प हैं और इस वर्ष के संकल्प हैं, जिन्होंने कि जनवरी के बाद से संकल्प लिए हैं और जो अब लेने वाले हैं, जो फिर लेने वाले हैं, ये पूरे होंगे?...? हाँ बेटे! बिलकुल पूरे होंगे। आप देखते जाइए कि पूरे होते हैं कि नहीं होते हैं। अभी हमारे पास कितनी गा...
- 15 मिनट उन्होंने भाषण सुना, फिर हाथ जोड़कर बोले—मेरे लायक कोई काम नहीं बताएँगे क्या?...? मैंने कहा—कुछ होगा तो बता दूँगा। अभी क्या बता सकता हूँ? आप अपना काम ईमानदारी से कीजिए, यही क्या कम ह...
- 23 घण्टे हम अपने विभिन्न काम में लगाएँ, पर एक घण्टे का पसीना-एक घण्टे की मेहनत क्या हम समाज के लिए खर्च नहीं कर सकते?...? हाँ, हम एक घण्टा रोज अपने समाज, देश, धर्म, जाति और संस्कृति के लिए खर्च कर सकते हैं। एक घण्टा कोई बड़...
- 24 अवतार ही क्यों, 25 क्यों नहीं बनाए?...? 26 क्यों नहीं? 28 क्यों नहीं? 54 क्यों नहीं, 9 क्यों नहीं? तो क्या 24 ही हो सकते हैं? गायत्री मंत्र ...
- 24 गुरु ही क्यों?...? 28 क्यों नहीं, 11 क्यों नहीं, 29 क्यों नहीं, 56 क्यों नहीं? 24 ही क्यों? 24 इसलिए कि गायत्री के 24 अ...
- 24 लाख घण्टे कितने होते हैं?...? हमारी ताकत बड़ी महान है। 24 लाख घण्टे कितने होते हैं? इनसान आठ घण्टे काम करता है, परन्तु 24 लाख व्यक्...
- 24 ही क्यों?...? 24 इसलिए कि गायत्री के 24 अक्षर जो हैं, यही गुरु हैं, जिनमें से प्रत्येक अक्षर के अन्दर एक समग्र चीज ...
- 26 क्यों नहीं?...? 28 क्यों नहीं? 54 क्यों नहीं, 9 क्यों नहीं? तो क्या 24 ही हो सकते हैं? गायत्री मंत्र के 24 अक्षर हैं...
- 28 क्यों नहीं, 11 क्यों नहीं, 29 क्यों नहीं, 56 क्यों नहीं?...? 24 ही क्यों? 24 इसलिए कि गायत्री के 24 अक्षर जो हैं, यही गुरु हैं, जिनमें से प्रत्येक अक्षर के अन्दर ...
- 28 क्यों नहीं?...? 54 क्यों नहीं, 9 क्यों नहीं? तो क्या 24 ही हो सकते हैं? गायत्री मंत्र के 24 अक्षर हैं। इसीलिए एक अक्...
- 30 साल के पीछे क्या हो गया?...? 30 साल के पीछे जहाँ उन्होंने कोढ़ीखाना बनाया हुआ था, अब वहाँ एक विश्वविद्यालय बना हुआ है। ऐसा विश्ववि...
- 54 क्यों नहीं, 9 क्यों नहीं?...? तो क्या 24 ही हो सकते हैं? गायत्री मंत्र के 24 अक्षर हैं। इसीलिए एक अक्षर को एक भगवान बताया गया। महर...
- 6 घण्टे की नित्य प्रति उनकी उपासना चलती है, लेकिन बाकी का कितना श्रम करते हैं, वह आपको मालूम है?...? नहीं, आपको मालूम नहीं है। आपको ज्ञान है? नहीं, बिलकुल ज्ञान नहीं है। जानकारी है? हाँ, जानकारी तो आपक...
- 6 मील के लिए आप गाड़ी क्यों लाए?...? नहीं साहब! नहीं गुरुजी! आपको हम इस तरह कैसे ले चलेंगे? आपको तो मोटर में ही चलना पड़ेगा। उसने बताया न...
- 60 ग्रन्थों की रचना मैंने कर ली?...? पर इसमें आश्चर्य की बात नहीं। यह नियन्त्रित दिनचर्या का चमत्कार है। मैंने प्रतिदिन तीन घण्टे का समय ...
- 96 पौण्ड का आदमी, भरी जवानी में कान्स्टीपेशन का मरीज और कितनी तरह की बीमारियों का मरीज कैसे जिन्दा रह सकता था?...? शरीर है देवताओं का मन्दिर मित्रो! उन्होंने जबान के विरुद्ध लोहा लेने की ठान लीं। उन्होंने कहा ...
- [प्रतिभा सम्पन्न व्यक्ति ‘कसाई के कूकर’ की भूमिका में क्यों रहे?...? इस वाक्य में युगऋषि की सूक्ष्म दृष्टि के साथ उनके अन्दर की पीड़ा की भी झलक मिलती है। बहेलिया जंगल के ...
- अँगरेज अध्यापक जो उनके समकक्ष थे उन्हें अधिक वेतन मिलता था यह देखकर उन्होंने कहा-जब तक मेरा वेतन भी उतना नहीं होगा?...? तब तक वेतन ही नहीं लूँगा। इसी से उन्हें आर्थिक तंगी हुई। वे प्रतिदिन हुगली नदी पार करके यूनीवर्सिटी ...
- अँगरेज ने अपनी शान दिखाते हुए एक रुपया फेंका और चल पड़े तभी पीछे लड़का भागा और ९० पैसे वापस करता हुआ बोला श्रीमान् जी यह पैसे?...? अँगरेज बोला-हमने खुशी से दिये हैं पर बच्चे ने अधिक पैसे लेने से इनकार करते हुए कहा-महोदय अपने हक से ...
- अँगूठी कितने रुपए की है?...? चार हजार रुपए की है। डिब्बी को देखकर आप यह ख्याल करते हैं कि यह मखमल की बनी हुई है, चमकदार है, चमचमा...
- अँगूठी कितने रुपये की है?...? साढ़े छह सौ रुपये की है। डिब्बी को देखकर आप यह ख्याल करते हैं कि यह मखमल की बनी हुई है, चमकदार है, च...
- अँग्रेजों ने कहा आपके पास क्या है?...? बन्दूक है? जो हम डर के मारे हिन्दुस्तान छोड़ें। गाँधी जी ने जनता से कहा—‘डू ऑर डाई’। सन् 1942 के आन्द...
- अँधेरा कितना ही सघन क्यों न हो?...? आत्मा के दिव्य भावों का तेज व प्रकाश उसे तहस-नहस करने में समर्थ हो सकेगा।’’‘‘भाव चेतना का जागरण होते...
- अँधेरे और कुहरे में उन्हें रास्ते का पता कैसे लगे?...? उनमें लगे बैरीगेटर इसी पद्धति से नगर, नदी, पर्वत आदि को दिन की तरह देखते चलते हैं। पानी के जहाजों को...
- अँधेरे को प्रकाश में बदलने के लिए दीपक की तरह जले कौन?...? भीरुता के असमंजस में खड़े हुए लोगों को मार्गदर्शन कराने के लिए अग्रिम पंक्ति में चले कौन? इन प्रश्नो...
- अँधेरे में न देखने का कारण यही है कि प्रकाश के अभाव में उसकी किरणें वस्तुओं पर पड़ती ही नहीं तो फिर वे परावर्तित होकर आँखों तक लौटेंगी ही कैसे?...? आँखों में स्वयं तो इतनी शक्ति है नहीं कि वे किसी वस्तु को प्रकाशवान बना सकें।रेडार को जादुई आँख कह स...
- अंकुश क्या हो सकता है?...? गायत्री मंत्र और क्या? गायत्री मंत्र के अन्दर जो प्रेरणाएँ भरी पड़ी हैं, दिशाएँ, धाराएँ भरी पड़ी हैं,...
- अंगद हँसा और बोला रावण अन्यायी से लड़ना और उसे मारना ही सच्चा धर्म है चाहे वह मेरा पिता हो अथवा आप ही क्यों न हो?...? अंगद के यह तेजस्वी शब्द सुनकर रावण को उत्तर देते न बना। (५) समुद्र बाँधा जा रहा था तब तक एक गिलहरी ...
- अंगुलिमाल जब तलवार चलाने को उद्यत हुआ तो उन्होंने कहा कि हमारे पास आकर तलवार चला, वहाँ से क्या दिखाता है?...? पास आया तो काँपने लगा। जमीन पर गिरा तो भगवान बुद्ध ने उसकी तलवार को उठा करके अलग फेंक दिया। उन्होंने...
- अंगुलिमाल जब तलवार चलाने को उद्यत हुआ तो उन्होंने कहा कि हमारे पास आकर तलवार चला, वहाँ से क्या दिखाता है?...? पास आया जो काँपने लगा। जमीन पर गिरा तो भगवान बुद्ध ने उसकी तलवार को उठा करके अलग फेंक दिया। उन्होंने...
- अंगूर का दूध क्या भाव होता था?...? घास का दूध ढाई रुपये में हम खरीदते हैं और अंगूर का दूध कितना पड़ेगा जरा बताना? घास में और अंगूर में क...
- अंग्रेज-अमेरिकन क्यों पुरुषार्थी होते हैं?...? छोटे से टापू पर निवास करने वाले ६ करोड़ अंग्रेज लोगों ने सारे संसार पर राज्य क्यों कर डाला? उत्तर यह...
- अन्त में उन्होंने मुझसे पूछा, ‘‘आपने कहाँ से मैडिकल किया है?...? आप अपना परिचय दीजिये।’’ मैं थोड़ा घबराई कि अब क्या बोलूँ? मैंने अपना थोड़ा बहुत परिचय दिया और फिर उनसे...
- अन्ततोगत्वा जो बच्चा था, वह रोने लगा कि अरे मेरी मम्मी को क्या हो गया?...? अरे, मेरी मम्मी तो सुअरिया बन गई। हाय भगवान! यह क्या हो गया? तो भगवान बोले—अरे बेटा! तू भी वरदान माँ...
- अन्तर क्या पड़े?...? बकरे की परिणति तो एक ही हुई। अपने इस जनसमुदाय का-इस विश्व उद्यान का विनाश तो होना ही ठहरा। लू में सु...
- अन्तरात्मा की महानता में कितना बल होता है, आपसे मैं कैसे कह सकता हूँ?...? आपने तो देखा भी नहीं है। अगर आप अध्यात्म की छाया में खड़े हुए होते तो आपको मालूम पड़ता कि गाँधी, बुद्ध...
- अन्तर्राष्ट्रीय काम यों ही हो जाएगा क्या?...? दूसरा संकल्प स्मारक बनाने का है, तो वह भी यों ही हो जाएगा क्या? चलो, उसे तो यह भी है कि हम अपने द्वा...
- अन्धकार के समय क्या होता है?...? चोर, उचक्के, उल्लू, साँप, बिच्छू, चमगादड़ चलते हैं। सब कुछ रात के समय होता है। झाड़ियाँ रात में डराव...
- अन्धकार से निजात, छुटकारा कैसे मिल सकता है?...? निजात पाने का एक ही तरीका है कि हमको प्रकाश मिल जाए। यज्ञाग्नि हमको यही सिखाती है, पहला शिक्षण यही द...
- अन्धविश्वास से क्या काम निकलने वाला है?...? इसलिए साधक को अपने जीवन में जीवन का परिष्कार करना पड़ता है। पात्रता का विकास करना पड़ता है। पात्रता ...
- अन्धे, कोढ़ी, अपंग, असहाय लोगों को क्या कुछ कम कष्ट सहने पड़ते हैं?...? प्रियजनों की मृत्यु, असफलता, अपमान, धनहानि, आक्रमण, उत्पीड़न जैसे प्रसंगों पर भी कुछ कम दुःख होता है?...
- अकल आपको उचित और अनुचित का फर्क करना जाने और एक और, इससे आगे वाली बात, आगे आती है - ग्रहण आप क्या करें?...? छोड़ें क्या? फैसला करना - काम नम्बर एक - और व्यवहार में उतारना - काम नम्बर दो। व्यवहार में उतारने के ...
- अकल कहाँ से आती है?...? आप कौन से स्कूल में पढ़े हैं? बेटे, कहीं भी नहीं पढ़े हम। ये जो सारी अकल बरसती है, वो आसमान से बरसकर...
- अकल कहाँ से बरसती है?...? अकल कहाँ से आती है? आप कौन से स्कूल में पढ़े हैं? बेटे, कहीं भी नहीं पढ़े हम। ये जो सारी अकल बरसती ह...
- अकल की ताकत देखी है आपने?...? हाँ देखी है। धन की ताकत देखी है? बैंक में रुपया जमा कर दीजिए, ब्याज पर ब्याज मिलता चला जाएगा। यह तो ...
- अकल तो है नहीं, योग्यता तो है नहीं, विद्या है नहीं, पुरुषार्थ है नहीं, परिश्रम है नहीं, चांस है नहीं, पूँजी है नहीं, तो कैसे विद्या देंगे?...? आप तो गरीब के गरीब ही रहने वाले थे और गरीब ही रहने वाले हैं, क्यों? क्योंकि आदमी को सम्पन्न बनने के ...
- अकल नहीं है?...? जाने दे अकल को। भावना नहीं है? मरने दे भावना को। भजन नहीं है? रहने दे भजन को। केवल शरीर को लेकर खड़ा...
- अकेला आदमी कितना कर सकता है?...? मैं किसी तरह से यह विश्वास करने को तैयार नहीं हूँ कि एक व्यक्ति विशेष सारे के सारे समाज को रोक सकता ...
- अकेला काम क्यों नहीं कर सकता?...? 'अकेला चना भाड़ को नहीं फोड़ सकता' आप अकेले पुल नहीं बना पाएँगे; आप अकेले पहाड़ नहीं उखाड़ पाएँगे; आ...
- अकेला काम क्यों नहीं कर सकता?...? ''अकेला चना भाड़ को नहीं फोड़ सकता'' आप अकेले पुल नहीं बना पाएँगे; आप अकेले पहाड़ नहीं उखाड़ पाएँगे, आप ...
- अकेला चना क्या भाड़ फोड़ेगा, अपने अकेले हैं और कौन साथ देगा?...? आदि-आदि निषेधात्मक चिन्तन करते रहा जाय तो प्रतीत होगा कि काम बहुत ही कठिन है और उसकी पूर्ति अपने जैस...
- अकेला चना भाड़ नहीं फोड़ता, एक तिनका रस्सा नहीं बनता, एक सींक की बुहारी क्या काम करेगी?...? इसलिए कहा जाता है कि एकाकी स्तर के चिन्तन तक सीमित न रहा जाए, सामूहिकता, सामाजिकता को भी उतना ही महत...
- अकेला जूझा, अकेला कर लाया?...? नहीं बेटे, व्यक्ति अकेला नहीं करता। उसके साथ में समूह होता है। संगठन में बहुत बड़ी शक्ति होती है। इत...
- अकेला नहर खोद लाया?...? हाँ बेटे, पहले उसने अकेले खोदा और फिर उसको जन-सहयोग भी मिला।
घर-घर अलख जगाने आए गुरुदेव
...
- अकेला रहे तब?...? तब अकेला आदमी बिलकुल बेकार होगा। अकेला आदमी कहीं जंगल में रहने लग जाय, तो न बोलना सीख सकता है, न चलन...
- अकेला हाथी इतना खतरनाक होता है कि उसका क्या कहना है?...? उसी प्रकार इक्कड़ आदमी होता है। ऐसे आदमी ही आज समाज को तहस-नहस कर रहे हैं। जो आदमी यह सोचते हैं कि म...
- अकेली रहें तब?...? केवल दफ्तर में जायँ और होटल में खाने लगें, तब? शादी न करें तब? ठीक है अपनी जीविका कमा सकती हैं, लेकि...
- अकेले कलेवर में ताकत है?...? अकेले कलेवर में, हम जब मरें तो उसको आप उठा ले जाना। गुरु जी! व्याख्यान कहिए—आप कहना उस कलेवर से। यही...
- अकेले कैसे क्या कर पाएँगे?...? देवताओं ने कहा कि भगवान हमको भी आज्ञा, चलने दीजिए, हम भी आपके साथ-साथ चलेंगे, आपके काम में हाथ बटाँए...
- अकेले क्या कर सकते थे?...? श्रीकृष्ण भगवान् ने महाभारत, ग्रेटर इण्डिया विशाल भारत बनाने के लिये जो कोशिश की थी, महान् भारत यह ज...
- अकेले गाँधी कहाँ तक क्या कर सकते थे?...? दोनों को जो काम के आदमी मिले और ऐसे काम के आदमी मिले जैसे दोनों ही धन्य हो गए।
हमारा वास्तविक थ...
- अकेले चलने के लिए क्या करना पड़ेगा?...? आपको अपना अकेला संसार अलग बसाना पड़ेगा। उसी में रहिए या अपनी कोठरी अलग बना लीजिए। अपना कमरा अलग बना ...
- अकेले चलाएँगे तब?...? बेटे, अकेले तो बहुत मुश्किल है।
अपनी भुजाओं की ताकत से, अपने पुरुषार्थ से, अपनी अकल से हम बह...
- अकेले चलाएँगे तब?...? बेटे, अकेले तो बहुत मुश्किल है।अपनी भुजाओं की ताकत से, अपने पुरुषार्थ से, अपनी अकल से हम बहुत थोड़ी...
- अकेले बुद्ध ने किया था?...? नहीं, अकेले बुद्ध ने नहीं किया। किसने किया? जो उनके साथ जुड़े थे, उन्होंने किया और शक्ति किनकी थी? श...
- अकेले लड़ा था क्या?...? नहीं! अकेले नहीं लड़ा, उनके साथ बहुत सारे सहयोगी भी थे। गोवर्धन पहाड़ उठाया गया था। क्या भगवान कृष्ण न...
- अकल अगर पैनी न होती तो?...? जन्म से ही पागल होता तब? क्या वह मशक्कत या पुरुषार्थ से पास हो सकता था? कदापि नहीं। चाहे वह कितना भी...
- अकल कहाँ से आती है?...? आप कौन से स्कूल में पढ़े हैं? बेटे, कहीं भी नहीं पढ़े हम। ये जो सारी अकल बरसती है, वो आसमान से बरसक...
- अकल कहाँ से बरसती है?...? अकल कहाँ से आती है? आप कौन से स्कूल में पढ़े हैं? बेटे, कहीं भी नहीं पढ़े हम। ये जो सारी अकल बरसती...
- अकल का फायदा कैसे उठाना चाहिए और अकल को किस रास्ते पर चलना चाहिए?...? इस विधा का नाम था-ज्ञानयोग। ज्ञानयोग माने-‘साइंस ऑफ सोल’-अर्थात् अपने बारे में जानना। अपने कर्म ...
- अकल किसे कहते हैं—और प्रज्ञा किसे कहते हैं?...? अकल बेटे, वही होती है जो बी. ए., एम. ए. पास करने के बाद में खरीदी जा सकती है। कैसी होती है अकल? अक...
- अकल खराब करते हैं?...? उनका नाम है—मूर्ख, जो कर्मकाण्डों को ही सब कुछ समझते हैं। साहब! फलाने स्वामी जी भंडारा कर रहे हैं। अ...
- अकल खराब करते हैं?...? उनका नाम है-मूर्ख, जो कर्मकाण्डों को ही सब कुछ समझते हैं। साहब! फलाने स्वामी जी भण्डारा कर रहे हैं। ...
- अकल तो है नहीं, योग्यता तो है नहीं, विद्या तो है नहीं, पुरुषार्थ है नहीं, परिश्रम है नहीं, चांस है नहीं, पूँजी है नहीं, तो कैसे धनवान् हो जाएँगे?...? आप तो गरीब-के-गरीब रहने वाले थे और गरीब ही रहने वाले हैं। क्योंकि आदमी को सम्पन्न बनाने के लिए तो अ...
- अकल तो है, पर कितनी बड़ी है?...? जालिम अकल, बेईमान अकल, दुष्ट अकल, पापी अकल, पतित अकल और कमीनी अकल हमारे ऊपर बे-हिसाब रूप से हा...
- अकल न हो तो वकील किससे वकालत करते?...? प्रोफेसर किससे काम करते हैं? साइंटिस्ट किससे काम करते हैं? व्यापारी किससे काम करते हैं? अकल से वे म...
- अकल न हो, तो ट्रेन किससे चलती?...? अकल न हो तो वकील किससे वकालत करते? प्रोफेसर किससे काम करते हैं? साइंटिस्ट किससे काम करते हैं? व्याप...
- अकल ने क्या किया?...? अकल की बड़ी महत्ता है।
लानत है ऐसी अकल पर
लेकिन मित्रो! ऐसी अकल के ऊपर लानत है। ऐ...
- अकल से जो हम कमाते हैं तो क्या बताएँ आपको कि हम उसे कहाँ खर्च करते हैं?...? अकल की कीमत बाजार में ज्यादा मिलनी चाहिए। मिलती भी है। लेकिन उस मिलने के बाद हम करते क्या हैं? न जा...
- अकलवालों का तो कहना ही क्या है?...? सारे अकलवाले जेलखाने में रहते हैं। डकैती, चोरी, जालसाजी, स्मगलिंग आदि सभी में यह माहिर होते हैं। अक...
- अक्षत क्या है?...? अक्षत बेटे, चावल है और क्या? कितना सौंपूँ? अच्छा यह बता कि दोपहर की रोटी खाता है, तो कितने चावल में ...
- अक्षत बेटे, चावल है और क्या?...? कितना सौंपूँ? अच्छा यह बता कि दोपहर की रोटी खाता है, तो कितने चावल में तेरा पेट भर जाता है? महाराज ज...
- अक्षत से क्या मतलब है आपका?...? आप पसीना बहाते हैं, समय देते हैं, श्रम करते हैं, संसार में श्रेष्ठ वृत्तियों के सम्वर्द्धन के लिए। नह...
- अक्षरों के उच्चारण को भजन कहते हैं?...? अक्षरों के उच्चारण को भजन किसने कहा था? भजन में अक्षरों का उच्चारण भी शामिल है, लेकिन अक्षरों के उच्...
- अक्षरों के उच्चारण को भजन किसने कहा था?...? भजन में अक्षरों का उच्चारण भी शामिल है, लेकिन अक्षरों के उच्चारण तक भजन को हम सीमाबद्ध नहीं कर सकते।...
- अक्षरों को जबान की नोंक से बार-बार रिपीट करते रहेंगे, तो आपको भगवान मिल सकता है, पैसा मिल सकता है?...? दौलत मिल सकती है, सिद्धि मिल सकती है, चमत्कार मिल सकता है? अगर किसी ने यह बातें आपको बता दिया हो, तो...
- अखण्ड ज्योति के ग्राहक तो आप ही बनाएँगे और कौन बनाएगा?...? हमें बनाना है, आपको बनाना है। आप हमारे हैं तो हमारा फर्ज भी होता है, हमारा कर्तव्य भी होता है, हमारा...
- अखाड़े में कड़ी मेहनत किए बिना कोई पहलवान कैसे बने?...? सैनिकों को अनेक प्रकार के कठिन अभ्यास आए दिन करने पड़ते हैं। नदियों का प्रवाह अनेक चट्टानों को उलटता...
- अखाड़े का उस्ताद कहीं लड़ता है क्या?...? पर यह बताता रहता है कि ये पकड़, यह क्या करता है, मालूम है क्या करता है? हाथ पकड़ता है-टाँग नहीं पकड़त...
- अगर आप नास्तिक हैं-तो नास्तिक कैसे होते हैं?...? उन आदमियों को नास्तिक कहने में मुझे कोई ऐतराज नहीं है, जो घंटों बैठे-बैठे तरह-तरह की माला जपते रहत...
- अगर अकेला आदमी कमाने के लिए जाएगा, तो घर के सामान का क्या होगा?...? कोई चोरी कर ले जाएगा तब? रखवाली के लिए तो कोई चाहिए ना। अगर बच्चे न पैदा करना हो तो अलग बात है, पर अ...
- अगर अकेले लड़ सकते, तो पांडवों की खुशामत क्यों करते?...? पांडव बार-बार यही कहते रहे कि हमें यह लड़ाई नहीं लड़नी है। वे हमारे रिश्तेदार लगते हैं। हम तो भीख मा...
- अगर अकेले लड़ सकते तो पाण्डवों की खुशामद क्यों करते?...? पाण्डव बार बार यही कहते रहे कि हमें यह लड़ाई नहीं लड़नी है। वे हमारे रिश्तेदार लगते हैं। हम तो भीख माँ...
- अगर अकेले ही गोवर्धन उठा सकते थे तो ग्वाल−बालों को लाठी लगाने की क्या जरूरत थी?...? मित्रो! अकेला आदमी कितना कर सकता है? मैं किसी तरह से यह विश्वास करने को तैयार नहीं हूँ कि एक व्यक्ति...
- अगर अगली बार देगा तो तू क्या देगा?...? जब समय बदल जाएगा तब हम तेरे समयदान का क्या करेंगे? फिर समयदान की जरूरत नहीं पड़ेगी। इसलिए आप यहाँ से...
- अगर अगली बार देगा तो तू क्या देगा?...? जब समय बदल जाएगा तब हम तेरे समयदान का क्या करेंगे? फिर समयदान की जरूरत नहीं पड़ेगी।...
- अगर आदमी इस तरह अपना सुधार करता हुआ चला जाय, तो न जाने क्या से क्या हो सकता है?...? मनुष्य भगवान बन सकता है।
महान उद्देश्य के लिए हुआ है मनुष्य का जन्म
नम्बर तीन—अध्यात्म के ग्रं...
- अगर आदमी इसी तरीके से बना रहा, तो उसका परिणाम क्या होगा?...? अभी जितनी ज्यादा मुसीबतें आई हैं, आगे उससे भी ज्यादा आएँगी। इससे तो अच्छा होता अगर युद्ध हो जाता औ...
- अगर आदमी इसी तरीके से बना रहा, तो उसका परिणाम क्या होगा?...? अभी जितनी ज्यादा मुसीबतें आई हैं, आगे उससे भी ज्यादा आएँगी। इससे तो अच्छा होता अगर युद्ध हो जाता और ...
- अगर आदि शंकराचार्य ने अपने दृष्टिकोण में हेर-फेर नहीं किया होता तो?...? तब फिर वही होता, जो उनकी माँ चाहती थीं। वे एक मामूली पण्डित-पुरोहित होते, जन्मपत्रियाँ बनाते-फिरते, ...
- अगर आधी दुनियाँ इस तरह दलित और पीड़ित रहे तो मनुष्य समाज को सुखी कैसे कह सकते हैं?...? इसलिए नर-नारी समभाव की सख्त जरूरत है। मतलब यह नहीं है कि कोई भी नारी किसी भी नर के समान है। सैकड़ों ...
- अगर आप अध्यात्म की छाया में खड़े हुए होते तो आपको मालूम पड़ता कि गाँधी, बुद्ध, ईसा और विवेकानन्द में कितनी बड़ी ताकत थी और सन्तों में कितनी बड़ी ताकत थी?...? अध्यात्म को आप समझते तक तो है नहीं।...
- अगर आप अपनी हविश को कम नहीं कर सकते और अपनी भौतिक खर्च की महत्त्वाकांक्षा को और बड़प्पन की महत्त्वाकांक्षा को काबू में नहीं कर सकते, फिर आत्मा की बात कहाँ चलती है?...? आत्मा की उन्नति की बात का सवाल कहाँ उठता है? आत्मा को भी मान्यता दीजिए। शरीर ही सब कुछ नहीं है। शरीर...
- अगर आप अपने आपमें सही हों तब और अपने आप में गलत हों, तब क्या हो सकता है?...? मित्रो! यदि आदमी अपने आप में गलत हो, तो उसके व्याख्यानों का किसी पर कोई असर पड़ने वाला नहीं है। ऐसा...
- अगर आप अपने दिमाग के बैलेन्स को गड़बड़ा देंगे, तो काम कैसे चलेगा?...? बड़ी मुश्किल खड़ी हो जायेगी। लेकिन मैं आपसे एक बात कह रहा था कि आपका एक शरीर और है, जो दोनों शरीरों के...
- अगर आप अपने माता-पिता का एहसान नहीं चुकाएँगे, तो कल आपके बच्चे कैसे आपकी कदर करेंगे?...? मित्रो! इससे अच्छी प्रयोगशाला कहीं भी नहीं है। आपके अन्दर जो श्रेष्ठ गुण हैं, उसे आप कहाँ से सीखेंगे ...
- अगर आप अलग होने की कोशिश करेंगे तो आपके सामने नये विचार आयेंगे, नयी समस्याएँ आएँगी, नये दृष्टिकोण आएँगे, नये कार्यक्रम आएँगे कि हमको क्या करना चाहिए और कैसे करना चाहिए?...? शरीर और आत्मा दोनों को अलग-अलग करने की कोशिश करना। दोनों के हितों के लिए क्या करना चाहिए? ऐसा जब आप ...
- अगर आप आध्यात्मिक जीवन पर चलें, पंचशील का जीवन जिएँ?...? जीवात्मा की, आत्मदेव की पूजा पंचोपचार के ढंग से करें तो आपको मालूम पड़ेगा कि पंचशील कितने सरल हैं, सर...
- अगर आप इतना रुपया सात-आठ साल तक बचायें, तो कितना रुपया हो जाएगा?...? उनने कहा-तीस लाख रुपये।मैंने कहा कि अगर गवर्नमेन्ट आपका बीस लाख रुपये ले ले, तो आपका क्या हर्ज होगा?...
- अगर आप इन बातों को समझाएँगे नहीं, बताएँगे नहीं तो?...? आपका भी वही हाल होगा जो उन पण्डितजी का हुआ था।...
- अगर आप इस तरीके से स्वावलम्बन सिखाएँ तब?...? तब आपके ऊपर से वे बातें खतम हो जाती हैं। अभी तो आपको परिवार का भरण-पोषण इसलिए भारी पड़ रहा है कि आप अ...
- अगर आप इस रिश्ते को समझ सकते हों, तो आपको जरा विचार करना पड़ेगा कि समय क्या चाहता है?...? महाकाल क्या चाहता है? युग क्या चाहता है? देवशक्तियाँ क्या चाहती हैं? और भगवान क्या चाहते हैं? भगवा...
- अगर आप इस शर्त को पूरा नहीं करेंगे तो फिर बात कैसे बन सकती है?...? यह शर्त अनिवार्य है, आवश्यक है। इस शर्त की उपेक्षा नहीं हो सकती। सही सलाह मित्रो! स्वास्थ्य की दृष्ट...
- अगर आप इसे बेचना चाहें, तब?...? किराये पर उठाना चाहे तब? तब इसके बहुत कम पैसे मिलेंगे। एक मजदूर को क्या मिल सकता है, बताना। देहात मे...
- अगर आप ईमानदारी से कमा नहीं सकते, मुनासिब जिन्दगी नहीं जी सकते, तो ऐसी जिन्दगी जीने से क्या फायदा?...? ऐसी जिन्दगी मत जियें। इसका मतलब यह है कि आप गरीबी में गुजारा कर लें, कंगाली में गुजारा कर लें, तकलीफ...
- अगर आप उतने लम्बे न हों, कितने?...? जितना कि बेल। बेल फैल तो सकती है जमीन पर, पर ऊँचा नहीं उठ सकती। ऊँचा उठने के लिए जरूरी है कि बेल किस...
- अगर आप उदार हैं, तो भगवान का दरवाजा आपके लिए उदारतापूर्वक खुला हुआ है और अगर आपने अपना दरवाजा बन्द करके रख लिया है तब?...? तब भगवान का दरवाजा भी आपके लिये बन्द हो जाएगा। सन्तों में से प्रत्येक को, भक्तों में से प्रत्येक को ...
- अगर आप उनकी पुकार सुन सकते हों, अगर आपके कान हैं, अगर आपके अन्दर दिल है; अगर आपके पास कान नहीं हैं, दिल नहीं है, तो हम क्या कह सकते हैं?...? फिर कौन आदमी सुनेगा? रामायण की कथा हम सुन लेते हैं और जैसे ही आते हैं, पल्ला झाड़कर के आ जाते हैं। भा...
- अगर आप उसका निर्माण नहीं कर सकते, सारे के सारे आपके घर वाले कमीने, उजड्ड, मूर्ख, दुष्ट बनकर रहेंगे तो फिर आपकी शान्ति कैसे स्थिर रहेगी, फिर आप भजन कैसे कर लेंगे, फिर आप अच्छी जिन्दगी कैसे जी लेंगे, फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे?...? जब हर आदमी हैरान होगा तो आपको गुस्सा क्यों नहीं आयेगा? इसीलिये क्या करना चाहिए कि अपना व्यक्तिगत जीव...
- अगर आप उसका निर्माण नहीं कर सकते, सारे के सारे आपके घर वाले कमीने, उजड्ड, मूर्ख, दुष्ट बनके रह गये तो आपकी शान्ति कैसे स्थिर रहेगी?...? और आप भजन कैसे कर लेंगे, फिर आप अच्छी जिन्दगी कैसे जी लेंगे? फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे?...
- अगर आप उसकी महँगी मूल्य की कीमती चीजें पाना चाहते हैं, महँगे चमत्कार पाना चाहते हैं, तब?...? तब मित्रो! आपको कर्मकाण्ड के साथ, क्रियायोग के साथ भावयोग का समन्वय करना चाहिए। कल मैंने इसकी ओर संके...
- अगर आप उसकी महँगी मूल्य की कीमती चीजें पाना चाहते हैं, महँगे चमत्कार पाना चाहते हैं, तब?...? तब मित्रो! आपको कर्मकाण्ड के साथ, क्रियायोग के साथ भावयोग का समन्वय करना चाहिए। कल मैंने इसकी ओर संक...
- अगर आप उसके हाथ पर अपना कुछ रख नहीं सकते तो फिर क्या पायेंगे?...? आप चावलों से नहीं खरीद सकते, आप धूप बत्ती से नहीं खरीद सकते और आप, आप आरती करके पा नहीं सकते और जीभ ...
- अगर आप ऐसा करेंगे तो आपके भीतर से यह हूक उठेगी कि भावी जीवन की रूपरेखा क्या हो?...? भावी जीवन की गतिविधियाँ क्या हों? भावी जीवन की प्लानिंग क्या हो? जिस तरीके से पंचवर्षीय योजनाएँ बनती...
- अगर आप ऐसा नहीं करते तब?...? तब उनके साथ जो उनकी ओर से न्याय मिलना चाहिए था, नहीं मिलता। आप हरेक की खुशामद करेंगे? हरेक की मर्जी ...
- अगर आप ऐसे ही उलझे रहेंगे तो मैं आपको सच्चा अध्यात्म कैसे बताऊँगा?...? नहीं गुरुजी ! आप ऐसा मंत्र बताइए जिससे पैसा मिल जाए, बेटा मिल जाए। चलो अभी बता देते हैं। क्या मंत्र ...
- अगर आप ऐसे ही उलझे रहेंगे तो मैं आपको सच्चा अध्यात्म कैसे बताऊँगा?...? नहीं गुरुजी! आप ऐसा मंत्र बताइए जिससे पैसा मिल जाए, बेटा मिल जाए। चलो अभी बता देते है। क्या मंत्र? ब...
- अगर आप किसी दिन एक पाव दूध पियेंगे, दूसरे दिन आधा किलो, तीसरे दिन दो किलो, तो इससे क्या होगा?...? आपका पेट गड़बड़ हो जाएगा। इसलिए निश्चित संख्या माला की भी बनाई गई है। इसका मतलब कम से भगवान नाखुश होते...
- अगर आप कोई गलत कार्य करते हैं तो वह नाराज क्यों नहीं होगी?...? अगर आप गाली देंगे तो वह गाली देगी। आप शराफत के साथ पेश आएँगे तो वह भी शराफत से पेश आएगी। अगर आप प्या...
- अगर आप गरीब हैं और आपने अपने बच्चों को सुसंस्कारी बना दिया है, तब?...? तब आपके बच्चे श्रवण कुमार के तरीके से आपकी आँखें जाने के बाद भी कन्धे पर काँवड़ में बैठाकर के तीर्थया...
- अगर आप तपश्चर्या नहीं कर सकते अर्थात् अपने आप पर संयम नहीं लगा सकते, आप अपने आप को पुरुषार्थी नहीं बना सकते, अपने आप को संघर्षशील नहीं बना सकते, तो फिर आपके लिए सफलताएँ कहाँ से आएँगी?...? धन, बल, विद्या, कला वगैरह सम्पदाएँ क्या किसी ने बिना परिश्रम के कमा लीं? बिना पुरुषार्थ के कमाई जा स...
- अगर आप तपश्चर्या नहीं कर सकते, अर्थात अपने आप पे संयम नहीं लगा सकते, अपने आप को पुरुषार्थी नहीं बना सकते, अपनेआप को संघर्षशील नहीं बना सकते, तो फिर आपके लिए सफलताएँ कहाँ से आएँगी?...? धन, बल, विद्या, कला वगैरह सम्पदा हैं। क्या किसी ने बिना परिश्रम के कमा ली हैं? बिना पुरुषार्थ के कमा...
- अगर आप तपस्वी जीवन जीने के सिद्धान्तों को स्वीकार करें और यह देखें कि हम वर्तमान जीवन-पद्धति में तपश्चर्या के सिद्धान्तों को कहाँ तक लागू कर सकते हैं?...? अगर आपने ऐसा कुछ व्रत लिया है, तो आप सफल रहेंगे। आज मैंने तपश्चर्या के सिद्धान्त बताए। अगले दिनों मैं...
- अगर आप देने की आदत सीख लें तब?...? तब आप अपने दिमाग को ऐसी चीजें दे सकते हैं कि आपका दिमाग कहे कि हमको लम्बी जिन्दगी जीने का मौका इन्होंन...
- अगर आप देने की आदत सीख लें तब?...? तब आप अपने दिमाग को ऐसी चीजें दे सकते हैं कि आपका दिमाग कहे कि हमको लम्बी जिन्दगी जीने का मौका इन्होंन...
- अगर आप न निकाले तब?...? न छोड़ें तब? जो कुछ भी पल्ले पड़ा है, उसको कृपण के तरीके से, कंजूस के तरीके से दाब के बैठ जाएँ, अपने ह...
- अगर आप नहीं करेंगे?...? तो ढर्रे पर घूमते रहेंगे और ढर्रे पर घूमते हुए कोल्हू के बैल के तरीके से पिलते-पिसते रहेंगे। संघर्ष ...
- अगर आप नहीं कहेंगे तो स्टेशन मास्टर को मालूम कैसे पड़ेगा कि आप कहाँ जाना चाहते हैं और कितने टिकट, कौन से क्लास के लेना चाहते हैं?...? यह सब बताने की जरूरत है। यह प्रार्थना जिसको हम पूजा कहते हैं, भजन कहते हैं।...
- अगर आप नहीं गलेंगे, तब आप भगवान से क्या उम्मीद करेंगे?...? आपने सुना है न कि भगवान की आदत कुछ ऐसी है कि माँगते रहते हैं। पहले हाथ पसारते हैं, बाद में कुछ देने ...
- अगर आप नीचे वाला नल बन्द नहीं करेंगे और सारा का सारा पानी नीचे निचोड़ देंगे तो फिर आपको ऊपर जाने के लिए बचेगा क्या?...? फिर आप ध्यान किसमें लगाएँगे? आप ध्यान में प्रकाश कैसे पैदा करेंगे? आप बताइए मुझे, आपके अन्दर घी पहुँच...
- अगर आप पानी नहीं पिला सकते और भगवान को भोजन नहीं करा सकते, पीड़ित और पिछड़े हुए लोगों को उठाने के लिए आपकी भुजाएँ आगे नहीं बढ़तीं, तो फिर आप भगवान के विश्वासी कैसे हुए?...? सन्त हृदय नवनीत समाना
मित्रो! मुझे एक कथा याद आ गयी। सन्त तुकाराम हरिद्वार गये और गंगाजल के दो घड़े ...
- अगर आप पिलायेंगे नहीं, तो आप शंकर जी को कैसे प्यार करेंगे?...? भगवान दुखी हों और उन्हें बुखार आ जाय, तो क्या आप उन्हें पानी नहीं पिलायेंगे। आपको उन्हें पानी पिलाना...
- अगर आप बच्चे को डरायेंगे नहीं, और प्यार ही प्यार करते रहेंगे, तो देख लेना आपके बच्चे का क्या होता है?...? बच्चा खराब हो जायेगा। इस जमाने में हमको दोनों को लेकर चलना है। एक सुधार का लेकर चलना पड़ेगा और एक प...
- अगर आप बुद्धिजीवी हैं, राजनेता हैं, कलाकार हैं, सम्पन्न हैं, लेकिन भावनाशील नहीं हैं, तो हमारे किस काम के?...? आपको भावनाशील होना चाहिए। हमें भावनाशीलों की जरूरत है। अन्यथा हमारे मुहल्ले-पड़ोस में ढेरों मजदूर क...
- अगर आप बौद्धिक दृष्टि से, भावनात्मक दृष्टि से बालक हैं, तब मैं आपसे क्या कह सकता हूँ?...? लेकिन अगर आप समझदार हो गये हैं और जिम्मेदार हो गये हैं, तो जिम्मेदारी और समझदारी आपसे यह कहती है कि ...
- अगर आप भक्ति को समझ सकते हों, तब फिर ये क्या हो जाएगा?...? फिर ये भक्तियोग हो जाएगा। फिर ये क्या हो जायेगा अपने जीवन की वास्तविकता को समझ सकें, तो ये ज्ञानयोग ...
- अगर आप भगवान का हाथ बँटाते तो वह खुश होता, लेकिन आपने हाथ नहीं बँटाया तो वह क्यों खुश होने लगा?...? इस सन्दर्भ में मुझे एक कहानी याद आ गई। एक राजा ने दो माली नौकर रखे और दोनों को एक-एक बगीचा दे दिया और...
- अगर आप भी मिल-जुलकर कार्य नहीं करेंगे, तो आप सब में प्रेम कैसे बढ़ेगा?...? इसलिए आप सभी लोगों को मिलजुलकर सम्मेलन करना चाहिए।दूसरा काम यह है कि आप प्रज्ञा मिशन, जिसको प्रज्ञाव...
- अगर आप यह कर पाएँ तो आप पाएँगे कि आप कितने चैन से रह रहे हैं?...? कितनी शान्ति से रह रहे हैं? कितने उन्नतिशील, कितने अपने आप को सम्पन्न अनुभव कर रहे हैं? पहले दृष्टिकोण...
- अगर आप यह करने को तैयार हो जाएँगे, फिर देखिये क्या-क्या होता है, कितना मजा आता है?...? पहले भगवान की मर्जी तो पूरी कीजिए, फिर देखिए कुछ मिलता है कि नहीं आपको।अभी मैंने सुदामा के बारे में ...
- अगर आप यह कहते हैं कि हम भगवान की भक्ति से कोई ताल्लुक रखते हैं, तो आप यह जवाब दीजिए कि दैवीय सभ्यता के लिए श्रेष्ठ आचरणों के लिए लोगों के सामने अच्छी परम्परा स्थापित करने के लिए आपने क्या दिया?...? यही एक जवाब दीजिए और दूसरा हम कुछ नहीं सुनना चाहते। हमने इतना भजन किया। तो ठीक है अपने भजन को डिब्बी...
- अगर आप यह कहते हैं कि हम भगवान् की भक्ति से कोई ताल्लुक रखते हैं, तो आप यह जवाब दीजिए कि दैवीय सभ्यता के लिए, श्रेष्ठ आचरणों के लिए, लोगों के सामने अच्छी परम्परा स्थापित करने के लिए आपने क्या किया?...? यही एक जवाब दीजिए और दूसरा हम कुछ नहीं सुनना चाहते। हमने इतना भजन किया, तो ठीक है-अपने भजन को डिब्बी...
- अगर आप यह नहीं करेंगे और पुराने घिनौने जीवन के ढर्रे पर ही चलते रहेंगे तो फिर हम क्या कर पाएँगे?...? फिर आपकी पूजा-उपासना क्या कर लेगी? आपको जप और अनुष्ठान चमत्कार कैसे दिखा पाएँगे? जादू-चमत्कार जैसा अ...
- अगर आप यह मान लें कि आपको गंगा जी में मछली मारने का ठेका इक्यावन हजार रुपए में मिल जाए तो आप रोजाना गंगा जी में से कितनी मछली पकड़ेंगे?...? आज कितनी पकड़ी गईं? आज साहब! चालीस मन पकड़ी गईं। दूसरे दिन अठारह मन पकड़ी गईं। और क्या करते हैं? साहब! ...
- अगर आप यह मान लें कि आपको गंगाजी में मछली मारने का ठेका इक्यावन हजार रुपये में मिल जाए तो आप रोजाना गंगाजी में से कितनी मछली पकड़ेंगे?...? आज कितनी पकड़ी गईं? आज साहब! चालीस मन पकड़ी गईं। दूसरे दिन अठारह मन पकड़ी गईं। और क्या करते हैं? साह...
- अगर आप यह समझ लें कि हमें अपने फर्ज पूरे करने हैं, तो बहुत अच्छा है, लेकिन साथ ही यह भी जान लें कि शरीर के साथ-साथ हमारे और क्या फर्ज हैं?...? शरीर के साथ हमारा फर्ज यह है कि यह हमारा घर है, जीवात्मा का मन्दिर है, निवास स्थल है। इसको संयम के ...
- अगर आप ये समझते हैं कि शंकर जी कैसे हैं?...? उनके गले में साँप, सर पर साँप, हाथ में साँप, तो फिर आपके सामने कोई भी समस्या उत्पन्न नहीं होगी। उन्ह...
- अगर आप रिफंड नहीं करेंगे, तो हम अपने और आपके छोटे-भाई को कैसे चुकायेंगे?...? आप हमारा कर्ज मत मारना, नहीं तो अगले जन्म में तू बनेगा गधा और हम बनेंगे धोबी और मारे डण्डों के तेर...
- अगर आप लम्बी वाली जिन्दगी जिएँ, तो आपको ये विचार करना पड़ेगा - आपका कल शानदार किस तरीके से हो?...? कल (की) शानदार होने के लिए आज आपको क्या करना होगा? एक ही बात करनी पड़ेगी - आप अपने प्रत्येक क्रियाकला...
- अगर आप विमूढ़ ही बने रहे, रोटी खाने और पैसा कमाने से लेकर बच्चे पैदा करने तक के चक्र में ही पड़े रहे तो फिर मैं क्या कह सकता हूँ?...? लेकिन अगर आपके भीतर जीवन आ गया होगा, जाग्रति आ गई होगी तो आपकी एक और आँख खुल गई होगी, जिसको त्राटक स...
- अगर आप विमूढ़ ही बने रहे, रोटी खाने और पैसा कमाने से लेकर बच्चे पैदा करने तक के चक्र में ही पड़े रहे तो फिर मैं क्या कह सकता हूँ?...? लेकिन आपके भीतर जीवन आ गया होगा, जाग्रति आ गई होगी तो आपकी एक और आँख खुल गई होगी, जिसको त्राटक साधना...
- अगर आप सच्चे अर्थों में भगवान के भक्त हैं तो ध्यान रखिए कि इससे आपको क्या फायदा होगा और क्या फायदा नहीं होगा?...? स्वर्ग मे आप जाएँगे कि नहीं जाएँगे? ये बाद की बातें हैं लेकिन आपको अपने विचारों में एवं चहुँओर ऐसा न...
- अगर आप स्वीकार करें कि हम तपस्वी जीवन जिएँगे, तब क्या हो जायेगा?...? तब आपका बहिरंग जीवन, जो पंचतत्त्वों का बना हुआ है, जो पदार्थों से सम्बन्धित है, जो दुनिया से सम्बन्ध...
- अगर आपका अहंकार जल गया, दूसरों को सम्मान देना शुरू कर दिया, तो आप देखना उस सम्मान की प्रतिक्रिया क्या होती है?...? आप जितना सम्मान दूसरों को देंगे, उससे असंख्य गुना सम्मान आपके हिस्से में आएगा और फिर आप सम्मान की कम...
- अगर आपका मन संसार की ओर अधिक लगा हुआ है, तो आप आध्यात्मिकता की ओर कैसे बढ़ पाएँगे?...? फिर आपका मन पूजा-उपासना में कैसे लगेगा? आप इस दिशा में आगे कैसे बढ़ेंगे? गोली चलाने वाला अगर निशाना...
- अगर आपका मन संसार की ओर अधिक लगा हुआ है, तो आप आध्यात्मिकता की ओर कैसे बढ़ पाएँगे?...? फिर आपका मन पूजा-उपासना में कैसे लगेगा? आप इस दिशा में आगे कैसे बढ़ेंगे? गोली चलाने वाला अगर निशाना न...
- अगर आपका यह आत्मविश्वास है, तब?...? तब फिर आपको आत्मनिर्भर व्यक्ति कहा जाएगा और आपको देवता कहा जाएगा।
देवता आत्मविश्वासी होते हैं...
- अगर आपका यह आत्मविश्वास है, तब?...? तब फिर आपको आत्मनिर्भर व्यक्ति कहा जाएगा और आपको देवता कहा जाएगा।देवता आत्मविश्वासी होते हैं और आत्म...
- अगर आपका-दो रुपया खर्च भी हो जाये, तो क्या बेजा हो गयी?...? गलती की क्या बात हो गयी? यह हमारी फिलॉसफी है, यह हमारी साइंस है, जो मनुष्य को देवता बनाती है और मनुष...
- अगर आपकी आँखें हैं तो देखे, अगर नहीं हैं तो मैं क्या कह सकता हूँ?...? मैं कुछ नहीं कहना चाहता हूँ। आप अध्यात्मवादी हैं, तो आपको कुछ करना चाहिए। आपको सिद्धि मिली है, मुक्त...
- अगर आपकी बेटी को हजार आदमियों के सामने नचाया जाये और लोग सीटियाँ बजाएँ, आवाजें कसें, तो क्या आपको यह पसन्द है?...? आपकी बहन और बेटी का फोटो ले जाकर के कोई आदमी अपने कमरे में टाँग ले और गन्दी आँख से देखे, तो क्या आपको...
- अगर आपकी मरजी यही थी तो फिर आपने राम के नाम को झमेले में क्यों डाला?...? जिस जगह जाना था, उसका टिकट क्यों नहीं लिया? नहीं साहब! हमको तो हरिद्वार जाना था। तो भाई साहब! आपने ऋ...
- अगर आपके जैसी मनः स्थिति का होता तब वो नाला क्या कहता?...? गंगा जी से कहता आप नाला बन जाइए और हमारी मर्जी पूरी कीजिये। हमारे साथ-साथ रहिये। न, ऐसा नहीं हो सकता...
- अगर आपके पास कोई लक्ष्य नहीं है, आपका चिन्तन उच्चस्तरीय नहीं है और आपके क्रियाकलाप में किसी आदर्शवादिता का समावेश नहीं है, आप कीड़े-मकोड़े की तरीके से जीते हैं, हैवान के तरीके से जीते हैं, शैतान के तरीके से जिन्दा हैं, तो बेटे मैं आपके लिए क्या कह सकता हूँ?...? इसलिए मित्रो! इस जमाने में मैं आपसे कुछ यही बातें कहने वाला था, मेरे मन में बहुत कसक थी और बड़ा डर ...
- अगर आपके बच्चे के बाल बड़े हो गये हों—मुण्डन कराना हो, तो आप कहाँ कराएँगे?...? कुलदेवी पर कराएँगे। कुलदेवी कहाँ रहती हैं? कुलदेवी वहाँ रहती हैं जैसलमेर में। अच्छा, तो वहीं जाना पड़...
- अगर आपके भीतर ज्ञान नहीं आये, तब?...? फिर आपको यह जञ्जाल जकड़े रहेंगे। भौतिक नहीं आत्मज्ञान पाएँ मित्रो! संसार में इतना बड़ा जञ्जाल है कि आप...
- अगर आपके मन में ऐसी स्कीम या योजना उठ सके, तब?...? क्योंकि यह एक विशेष समय है और आप विशेष उद्देश्य और विशेष जिम्मेदारी लेकर के आए हैं। अगर आप इसको पूरा...
- अगर आपको भगवान की अथवा दैवीय शक्तियों की सहायता की जरूरत हो, तो आपको यह जानना चाहिए कि देवता आखिर क्या हो सकते हैं?...? और दैवीय शक्तियाँ क्या हो सकती हैं? दैवीय शक्तियाँ—जिनको हम देवी-देवता कहते हैं, ये देवी-देवता कोई...
- अगर आपको कभी भगवान् के खजाने को देखने का अवसर मिले तो आप यह तलाश करना कि सबसे बेहतरीन चीज प्राणियों को देने के लिए उनके पास क्या हो सकती थी?...? तब आपको एक ही बात का पता चलेगा कि भगवान् के पास सबसे कीमती दौलत, सबसे कीमती नियामत, सबसे कीमती संपदा...
- अगर आपको कुछ दिनों के लिए आपकी कक्षा में लीडर का रोल करने के लिए कहा जाय तो आप क्या-क्या करेंगे?...?
३. एक आदर्श विद्यार्थी एवं आदर्श नागरिक के रूप में आपके क्या कर्तव्य है?
४. घर में अपनी माँ एवं प...
- अगर आपको कुछ बनना है तो अपने कलेजे को चौड़ा कीजिए, हिम्मत को बड़ी कीजिए और जो कुछ भी आपके पास है, मैं नहीं जानता कि आपके पास क्या है?...? अकल आपके पास है तो यही काफी है। पसीना आपके पास है तो यही काफी है। श्रम और समय आपके पास है तो यह भी ...
- अगर आपको शिक्षा प्राप्त नहीं होती, संस्कृति का ज्ञान न होता, समझदारी न होती, दूरदर्शिता, अकलमन्दी न होती, तो फिर आपकी क्या कीमत होती?...? फिर कुछ कीमत नहीं होती। मुझे बहुत खुशी है कि हर व्यक्ति अपनी अकल को पैनी करने के लिए जो कुछ भी कर स...
- अगर आपने अपने फर्ज और कर्तव्यों को समझ रखा हो तब?...? फर्ज का ज्ञान नहीं, कर्तव्य का ज्ञान नहीं, कोल्हू के बैल के तरीके से सारे दिन मरते रहते हैं, दूसरों ...
- अगर आपने दृष्टिकोण सही कर लिया तब?...? तब वही नारी आपको देवता की तरह वरदान दिया देगी। शिवाजी को एक नारी ने ही देवता जैसा वरदान दिया था, आपक...
- अगर आपने बेकार की बातें की तो?...? अरे साहब! हम भगवान पर चन्दन चढ़ाएँगे, फूल चढ़ाएँगे। कहाँ पर फूल चढ़ाएँगे, जगह तो बताइए? कितना बड़ा भग...
- अगर आपने यह कर लिया, तब क्या हो सकता है?...? आप जो चाहते हैं कि हमको मिले तो फिर भी वह नहीं मिलेगा। सेंट हेलना की जेल में नेपोलियन के नहीं मिला। ...
- अगर आपने यह मान्यता बना ली कि शालिग्राम या शंकर भगवान की मूर्ति पर हम पानी चढ़ाएँगे, बेलपत्र चढ़ाएँगे, फूल चढ़ाएँगे, तो महादेव जी ऐसे औघड़दानी है जो तुरन्त प्रसन्न हो जायेंगे और हमारे बेटा पैदा कर देंगे तो बेटे, कहाँ से कर देंगे?...? अगर इनको बेटा पैदा करने की शक्ति होती, तो इनके एक- एक पत्थर ने एक- एक बेटा पैदा नहीं कर लिया होता?...
- अगर आपसे यह पूछा गया होता कि आप पुष्पक विमान लेना पसन्द करेंगे, या मनुष्य का शरीर?...? तब आप क्या कहते, मनुष्य के शरीर की कीमत आप समझते नहीं हैं, इसलिए आपसे मैं क्या कह सकता हूँ।...
- अगर इन अनुष्ठानों को यह सब न मिले तब?...? तब वे मर जाएँगे। तब आपकी उपासना फल नहीं देगी। बेटे, कहाँ से देगी? उल्टे परेशानी ही पैदा करेगी।
छ...
- अगर इनका ठीक तरीके से इस्तेमाल होने लगे, तब इस्तेमाल होना इस बात पर टिका हुआ है कि आदमी की ईमानदारी और समझदारी को क्या बढ़ाया जा सकता है?...? बेटे! एक ओर यह सपना है, जिसको हम स्वर्ग कहते हैं और दूसरी ओर विनाश के आधार खड़े हुए हैं, जिसको हम न...
- अगर इनकी सलाह मानें तो?...? बेटे! सलाह मानेगा तो तेरे लिए आध्यात्मिक जीवन, श्रेष्ठ जीवन जी सकना कभी सम्भव नहीं हो सकेगा। इनकी सला...
- अगर इनकी सलाह मानें तो?...? बेटे! सलाह मानेगा तो तेरे लिए आध्यात्मिक जीवन, श्रेष्ठ जीवन जी सकना कभी सम्भव नहीं हो सकेगा। इनकी सला...
- अगर इन्हें तोड़ा जा सके तब?...? आपकी मुक्ति हो सकती है। इसी को कबीर ने ‘जीवन-मुक्त’ कहा था और यह नाम मुझे बहुत पसन्द आया। स्वर्ग वह ...
- अगर इस माइक में करेंट हो और हम इसे पकड़ लें, तो करेंट हमारे भीतर आएगा कि नहीं आएगा?...? जरूर आ जाएगा। और आप सारे-के-सारे लोग हमको पकड़ लें, तो क्या हो जाएगा बताइए? आप सबमें करेंट फैल जाएगा...
- अगर इसको बेच दें तब?...? तब आपकी हो गई। क्यों साहब! आपसे घड़ी ले गए थे, वह खराब हो गई। हाँ बहुत पुरानी थी जो चीज हमारी है, जि...
- अगर इसको बेच दें तब?...? तब आपकी हो गई। क्यों साहब! आपसे घड़ी ले गए थे, वह खराब हो गई। हों बहुत पुरानी थी जो चीज हमारी है, जिस...
- अगर ईमान हमारे और आपके भीतर हो तब, उदार हृदय हमारे पास हो तब?...? पर हम तो हृदयहीन हैं। हृदय कहीं से धड़कता तो है, लपडप-लपडप करता तो है, पर यह लोहार की धौंकनी के तरीक...
- अगर उनका व्यक्तित्व घटिया होता तो फिर बात कैसे बनती?...? गाँधीजी ने अपने आपको बनाया, हजारों आदमी उनके पीछे चले। बुद्ध ने अपने आपको बनाया, हजारों आदमी उनके पी...
- अगर उनका व्यक्तित्व घटिया होता तो फिर बात कैसे बनती?...?
गाँधी जी ने अपने आप को बनाया था तभी हजारों आदमी उनके पीछे चले। बुद्ध ने अपने आप को बनाया, हजार...
- अगर उनका व्यक्तित्व घटिया होता तो फिर बात कैसे बनती?...? गाँधी जी ने अपने आपको बनाया था तभी हजारों आदमी उनके पीछे चले। बुद्ध ने अपने आपको बनाया, हजारों आदमी ...
- अगर उनके पास अकल नहीं होती तब?...? तब वे जूता, चप्पल चुरा सकते थे, जेब काट सकते थे और कोई उठाईगीरी कर सकते थे। इससे ज्यादा वे कुछ नहीं ...
- अगर उन्हें यह मालूम पड़ता कि वे पराये हैं, तो क्या होता?...? आपने देखा नहीं, भगवान श्रीकृष्ण के बारे में जरासन्ध की, कंस की, दुःशासन की, शिशुपाल की, और भी ढेरों ...
- अगर उलटा हो गया तब?...? उलटा भी होता रहता है। आपको मालूम नहीं है पंजाबियों का, पाकिस्तान से जब पंजाब का बँटवारा हुआ था तो वह...
- अगर उस शक्ति का अपव्यय हमने रोका होता और उसे दूसरे कामों में खरच कर लिया होता, तो हम क्या-से बन सकते थे?...? पुराने इतिहास तो मैं नहीं बताता, पर गाँधी जी का इतिहास तो बता ही सकता हूँ। उन्होंने बत्तीस वर्ष की उ...
- अगर उसने एक दिन का कुत्ते का खर्च पच्चीस रुपया दे दिया, तो क्या कर दिया?...? और जिसको पाँच रुपये महीने भर में बचाना भी मुश्किल पड़ता है, उसमें से वह एक रुपया दे देता है, तो वह ...
- अगर उसे हम एकत्र कर लें तब ऐसा योग बन जाता है कि हम क्या बतलाएँ?...? बन्दूक की नली में फैली हुई बारूद जमा कर लें तो गोली बन जाएगी और कमाल कर दिखाएगी। यह है एकाग्रता। जिस...
- अगर एक मन्दिर चाहे तो अपनी आमदनी का बारह लाख रुपया साल भर में खर्च कर सकता है और जाने क्या समाज की सेवा कर सकता है?...? गायत्री तपोभूमि का मासिक व्यय दो हजार रुपया मासिक है। इसका अर्थ हुआ चौबीस हजार साल। कहाँ बारह लाख रु...
- अगर ऐसा न होता तो न जाने अब तक हमारा क्या हो गया होता?...? समय-समय पर जो रास्ते उसने बताए हैं, ऐसे शानदार रास्ते बताए हैं कि उन पर हम चलते गए और वह हमारे ऊपर फ...
- अगर ऐसा न होता तो न जाने अब तक हमारा क्या हो गया होता?...? समय-समय पर जो रास्ते उसने बताए हैं, ऐसे शानदार रास्ते बताए हैं कि उन पर हम चलते गए और वह हमारे ऊपर फ...
- अगर ऐसा है तो फिर क्यों दरवाजे-दरवाजे पर भीख माँगते हैं?...? क्यों दुनिया भर की चालाकी करते हैं? नहीं साहब! भजन में बड़ी ताकत है। कोई ताकत नहीं है। फिर किसमें ता...
- अगर ऐसा है तो फिर क्यों दरवाजे-दरवाजे पर भीख माँगते हैं?...? क्यों दुनिया भर की चालाकी करते हैं? नहीं साहब! भजन में बड़ी ताकत है। कोई ताकत नहीं है। फिर किसमें ताक...
- अगर ऐसी मुसीबत आयेगी, तो हम लड़ेंगे, मुकाबला करेंगे और साहस का परिचय देंगे—यह हिम्मत भी रखिए और उम्मीदें भी अच्छी कीजिए, खराब उम्मीदें आप क्यों करेंगे?...? क्या खराब उम्मीद की गारण्टी है कोई? जब खराब भविष्य की गारण्टी नहीं है, फिर आप अच्छे भविष्य की कल्पना...
- अगर कभी आपके पास सिद्धियाँ आयेंगी?...? बता नहीं सकता, मुझे मालूम नहीं। लेकिन कभी आपके पास आयेंगी, तो आप खा नहीं सकते। उसको आपको खिलाना ही प...
- अगर किसी के पास दु:ख है, तो उसे किस तरह से दूर कर सकते हैं?...? यही हमने अपने पूरे जीवनकाल में किया है। इसके अलावा जो भी धन था, उसे भी भगवान के कार्य में खरच कर दिय...
- अगर किसी ने आपके साथ कोई बुराई कर ली या किसी ने दु:ख भुगत लिए तो बार-बार कहने की जरूरत क्या है?...? भूत सो भूत, गया सो गया। आप भूत पर विचार मत कीजिए। भूत से आप अनुभव तो इकट्ठा कर सकते हैं, लेकिन चिन्ता...
- अगर किसी ने आपके साथ कोई बुराई कर ली या किसी ने दुःख भुगत लिए तो बार-बार कहने की जरूरत क्या है?...? भूत सो भूत, गया सो गया। आप भूत पर विचार मत कीजिए। भूत से आप अनुभव तो इकट्ठा कर सकते हैं, लेकिन चिन्ता...
- अगर किसी ने पकड़ लिया और कहा कि अमुक विषय पर बोलिए, तब?...? तब बेटे कह देना कि मैंने इतनी ही नकल की है। अब मैं कहाँ से बोल सकता हूँ। अरे महाराज, आप अपने जैसा वि...
- अगर किसी ने पकड़ लिया और कहा कि अमुक विषय पर बोलिए तब?...? तब बेटे कह देना कि मैंने इतनी ही नकल की हैं। अब मैं कहाँ से बोल सकता हूँ? अरे महाराज, आप अपने जैसा...
- अगर कुछ भी न हो तो?...? तो बेटे! ठंडक में रहने दे, तब भी दूध जम जाएगा।
अच्छा महाराज जी! यह बताइए कि कोई-सा जामन न लाऊँ, ...
- अगर कुधान्य खा लिया, तो मुझे वह कैसे पचेगा?...? मैं तो स्वयं अपना ही कमाता हूँ और खाता हूँ और स्वयं ही बोता हूँ; स्वयं ही काटता हूँ। स्वयं अपना भोजन...
- अगर कोई आदमी यह कर सके तब?...? तब मैं कहूँगा कि जीवन में वास्तविक अध्यात्म आ गया। वास्तविक अध्यात्म को प्राप्त करने के बाद में आप व...
- अगर कोई आदमी यह कर सके तब?...? तब मैं कहूँगा कि जीवन में वास्तविक अध्यात्म आ गया। वास्तविक अध्यात्म के प्राप्त करने के बाद में आप व...
- अगर कोई उड़ाने वाला न हो तब?...? तब पतंग जमीन पर गिरेगी और मटियामेट हो जाएगी। मनुष्य अपने जीवन की पतंग अगर भगवान के हाथों में सुपुर्द...
- अगर कोई ताकत रही होती तो ये भजन करने वाले सवेरे से शाम तक क्यों बैठे रहते हैं और भीख माँगते रहते हैं?...? अगर ऐसा है तो फिर क्यों दरवाजे-दरवाजे पर भीख माँगते हैं? क्यों दुनिया भर की चालाकी करते हैं? नहीं सा...
- अगर कोई ताकत रही होती तो ये भजन करने वाले सवेरे से शाम तक क्यों बैठे रहते हैं और भीख माँगते रहते हैं?...? अगर ऐसा है तो फिर क्यों दरवाजे-दरवाजे पर भीख माँगते हैं? क्यों दुनिया भर की चालाकी करते हैं? नहीं सा...
- अगर कोई देवता का बेटा है तो उसके व्यवहार में और जीवन में क्या गुण आना चाहिए?...? इसे हम पाँचों पाण्डवों के जीवन में देख लेते हैं। हमको सबसे अच्छी घटना पाण्डवों की याद आती है। अज्ञात...
- अगर कोई देवता का बेटा है, तो उसके व्यवहार में और जीवन में क्या गुण आना चाहिए?...? इसे हम पाँचों पांडवों के जीवन में देख लेते हैं। हमको सबसे अच्छी घटना पांडवों की याद आती है। हमको अज्...
- अगर कोई देहात में पैदा हुआ होता, खानदान वाले शिक्षा का महत्त्व नहीं जानते; वहाँ स्कूल आदि न होता, तो आदमी कैसे पढ़ सकता था?...? अकल अगर पैनी न होती तो? जन्म से ही पागल होता तब? क्या वह मशक्कत या पुरुषार्थ से पास हो सकता था? कदा...
- अगर कोई बैल मारने आएगा, तो आप गोबर करने लगेंगे, तो काम कैसे चलेगा?...? आपको उत्साह आता है, उमंग आती है, तो आप काम करते हैं और जब आपकी हवा निकल जाती है तो आप चुपचाप हो जा...
- अगर कोई मुझसे पूछे कि सिद्धि किसे कहते हैं?...? बाजीगरी को? बेटे, बाजीगरी को लानत है। जो आदमी बाजीगरी को आध्यात्मिकता की निशानी मानते हैं, उनको मैं ...
- अगर कोई वानप्रस्थी आ गए तो?...? क्यों साहब! क्या बात है? सब ठीक है और एक हाथ से बीड़ी मसलते जा रहे हैं। कम-से-कम आपको शरम तो आएगी। आ...
- अगर कोई व्यक्ति यह कहेगा कि हमने तो भगवान की भक्ति कर ली, लेकिन मन की सफाई नहीं करते हैं, तो क्या हुआ?...? भगवान के उद्देश्यों और आदर्शों पर नहीं चलते हैं, तो क्या हुआ? अगर कोई यह कहने लगा तो मैं उसे गलत...
- अगर खाने के लिए मिला होता, तो प्रत्येक जानवर को प्रत्येक प्राणी को समान रूप से मिला होता, फिर आदमी को ही क्यों ज्यादा मिलता?...? बेटे, यह अमानत है। मनुष्य भगवान् का बड़ा बेटा है, वरिष्ठ राजकुमार है, इसलिए उसके पास अमानत सौंपी ...
- अगर खाबिंद एक होता तब?...? तो हमारी टी.बी. की बीमारी में और मुसीबत के समय में आता, कहता—ये हमारी बीबी है और हमारी धर्मपत्नी है ...
- अगर गलत उपयोग होने लगा, तब?...? गलत उपयोग होने लगा तो मुसीबत आ जाएगी। आग का गलत उपयोग होने लगे तब? तब तो मुसीबत आ जाएगी। बिजली का गल...
- अगर जब समय मिलेगा आपसे अध्यात्म की विशद चर्चा करेंगे तथा बताएँगे कि ब्रह्मवर्चस का उपासना-साधना का, आध्यात्मिक का जो प्रशिक्षण दिया जा रहा है, उसका उद्देश्य क्या है?...? उसका प्रयोग क्या है? उसके सिद्धान्त बताने के साथ यह भी बतलाने का प्रयास करेंगे कि यहाँ पर जो क्रियाएँ...
- अगर जमाई से लड़ाई हो जाए और हमारी लड़की से तलाक ले ले तब?...? तब वह हमारा जमाई नहीं है। तब कौन है? हमारा बैरी है और दुश्मन है। क्यों साहब! दो महीने पहले तो वह आपक...
- अगर जमाई से लड़ाई हो जाए और हमारी लड़की से तलाक ले ले तब?...? तब वह हमारा जमाई नहीं है। तब कौन है? हमारा बैरी है और दुश्मन है। क्यों साहब! दो महीने पहले तो वह आपक...
- अगर जीभ को हम परिष्कृत कर लें तब?...? तब आपकी जीभ ही सरस्वती बन जाती है, क्योंकि सरस्वती वहीं रहती है। नहीं साहब! सरस्वती पीपल के पेड़ पर...
- अगर जो आदमी साफ कपड़ा नहीं पहन सकता, मानना चाहिए सभ्य नहीं है, और जिसका मकान साफ नहीं है वह सभ्य नहीं है, उसको भी किताबों को यथा स्थान नहीं रखता, जिस घर में चप्पलें दूसरी चीजें, बर्तन साफ-साफ नहीं रखे जाते वह सभ्य नहीं है, यह मानना चाहिए?...? सभ्यता का शिक्षण उनको सफाई से शुरू करना चाहिए, और सफाई से शुरू करके गाँव में ऐसे व्यवस्था बनानी चाहि...
- अगर डूब गये तो?...? तो लोगों से कह जाओ कि जब तक हम पार नहीं चले जाएँ तब तक आप टिके रहिये और हमारे हाथ-पाँव बाँध दीजिये औ...
- अगर तेरे लेक्चर को हम टेप करा करके भेज दें तो?...? नहीं महाराज जी! टेप कराकर मत भेजिए। मुझे ही भेज दीजिए। चल बदमाश कहीं का! इस तरीके से सारे के सारे जे...
- अगर तेरे लेक्चर को हम टेप करा करके भेज दें तो?...? नहीं महाराज जी! टेप कराकर मत भेजिए। मुझे ही भेज दीजिए! चल बदमाश कहीं का! इस तरीके से सारे के सारे जे...
- अगर दुनिया का यही सिद्धान्त रहा कि जो कोई भी बाँस पर चढ़ जाएगा, तो वह सिद्धपुरुष हो जाएगा, तो उस परिस्थिति में सन्तों का, महात्माओं का, त्यागी पुरुषों का क्या होगा?...? उस समय ज्ञानी का, विद्वानों का, बड़ा आदमियों का दुनिया में पता नहीं चलेगा। उस जमाने में नट जैसा आदमी,...
- अगर दुनिया की चाल बच्चे पर बच्चे के इसी हिसाब से बढ़ी तो आप देख लेना कि सौ वर्ष बाद क्या होता है?...? तब दुनिया का सफाया हो जाएगा, खातमा हो जाएगा। आज हम एक चौराहे पर खड़े हुए हैं। इसलिए हम जो शुरुआत करत...
- अगर दुनिया में एक राष्ट्र हो और सारे के सारे देश उसी के प्रांत मान लिए जाएँ तो राष्ट्रों के बीच कलह कैसे पैदा हो?...? समता के सिद्धान्त को यदि सभी मान लें तो जाति के नाम पर, लिंग के नाम पर, अर्थ विषमता के नाम पर जो चारो...
- अगर दूर-दूर तक फैली नहीं होती, तो सबको खाँसी क्यों आती?...? सबको छींक क्यों आती? लाल मिर्च को जला देने से क्या हो गयी? वह सर्वत्र सूक्ष्म रूप में फैल गयी। सामाज...
- अगर देश का प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति ठीक नहीं होगा तो देश कैसे ठीक चलेगा?...? इसलिए आप यह प्रयत्न कीजिए कि अपनी कन्याओं को यहाँ पढ़ने के लिए भेजें। हम यहाँ वास्तविक होमसाइंस पढ़ाएँ...
- अगर दो आने के हीरे को जो मिट्टी में पड़ा हुआ था, उसको वहाँ से हटाकर हम उसे पाँच हजार का बना देते हैं, तो क्या हमने हीरे के ऊपर एहसान नहीं किया?...? हाँ, हमने हीरे के ऊपर एहसान किया और उसे पहनने वाले के ऊपर एहसान किया है, अगर हमने गिरे हुए हीरे को व...
- अगर दोनों के दर्शन होंगे, तो हम राम के साथ में किस तरीके से बेईमानी करेंगे?...? चालाकी कैसे करेंगे? मक्कारी कैसे करेंगे? चीट कैसे करेंगे? धोखा कैसे करेंगे? आपके साथ में बुरा व्यवहा...
- अगर दोनों में मोहब्बत हो गयी, तब?...? तब तो जैसे समुद्र मथा गया था और समुद्र मथने के बाद में दो बैरियों ने, दो विरोधियों ने आपस में यह मशव...
- अगर ध्यान न कर सके तो क्या हो जाएगा?...? देख बेटे, तुझे मैं थोड़े से नाम बताता हूँ, जो ध्यान न कर सके, लेकिन किसी तरह से भगवान की कृपा प्राप्...
- अगर ध्यान न कर सके तो क्या हो जाएगा?...? देख बेटे, तुझे मैं थोड़े से नाम बताता हूँ, जो ध्यान न कर सके, लेकिन किसी तरह से भगवान की कृपा प्राप्...
- अगर न करें तो?...? तो बेटे! आप उसी पुराने जीवन में बने रहेंगे। आप नर-पशु बने रहेंगे। फिर आप क्या दे सकते हैं? यदि आप पि...
- अगर न तपाएँ तब?...? तब फिर लोहा कच्चा रहेगा, कोई चीज नहीं बन सकेगी। ईंटें आप देखते हैं न! ये ईंटें क्या हैं? मामूली मिट्...
- अगर नये युग को आगे लाने वाला मुर्गा नहीं बोलेगा, तो क्या सबेरा नहीं होगा?...? मुर्गा बोलता है, तो अच्छा मालूम पड़ता है कि अच्छा साहब! मुर्गा बोल गया। अब तो उठें। हाँ साहब! उठिए,...
- अगर नल और नील ने भगवान रामचंद्र से ठेका लिया होता और उसमें से आधा सीमेंट और आधी मिट्टी मिला करके खम्भे खड़े किये होते तब?...? तब नल- नील का दिवाला निकल जाता, फिर वह पुल नहीं बन सकता था। टूट- फूटकर भरभराकर गिर जाता। फिर इस ...
- अगर नशा नहीं आए तब?...? तब तो बैठा रह घण्टे भर तक, छह घण्टे तक बैठा रह, नशा तो आना चाहिए। भक्ति का नशा हमारी जिन्दगी में आना चा...
- अगर नहीं डालें तो?...? तो बेटे देवता नाराज हो जाएँगे और शाप दे देंगे। पण्डित जी के यहाँ पत्रा दिखाने जाते हैं, अगर खाली हाथ ...
- अगर नहीं डालें तो?...? तो बेटे देवता नाराज हो जाएँगे और शाप दे देंगे। पण्डित जी के यहाँ पत्रा दिखाने जाते हैं, अगर खाली हाथ ...
- अगर नहीं थी, तो बुद्ध को ढाई लाख आदमी कहाँ से मिल गये?...? अगर विचारशीलता दुनिया में से खत्म हो गयी थी, तो गुरुगोविन्द सिंह के साथ-इतने सारे सिक्ख हाथ में मा...
- अगर नहीं मिलता तो ये क्यों चक्कर काट रहे हैं?...? देखना, अभी तो बड़े-से-बड़े चक्कर काटेंगे, क्योंकि उनको भरोसा है, उम्मीद है कि हमें मिलेगा। भगवान करे...
- अगर पतंग ने इतनी हिम्मत और बहादुरी न दिखाई होती और बच्चे के हाथ में अपना मार्गदर्शन न सौंपा होता तो क्या पतंग उड़ सकती थी?...? नहीं, जमीन पर ही पड़ी रहती। बाँसुरी ने अपने आप को किसी गायक को सौंपा। गायक के होठों से लगी और गायक हो...
- अगर पतंग ने इतनी हिम्मत और बहादुरी न दिखाई होती और बच्चे के हाथ में अपना मार्गदर्शन न सौंपा होता तो क्या पतंग उड़ सकती थी?...? नहीं, जमीन पर ही पड़ी रहती। बाँसुरी ने अपने आप को किसी गायक को सौंपा। गायक के होठों से लगी और गायक के...
- अगर पन्द्रह हजार आदमियों को ही लें, तो कितने हो गये?...? सत्ताईस हजार लाख आदमी। ये कौन हैं? चौबीस घण्टे समर्पित व्यक्ति हैं। इस तरह हजारों आदमी सात-आठ घण्टे की...
- अगर परिवार न हो तब?...? अकेला रहे तब? तब अकेला आदमी बिलकुल बेकार होगा। अकेला आदमी कहीं जंगल में रहने लग जाय, तो न बोलना सीख ...
- अगर पिता ने उसकी गोदी में जबरदस्ती बच्चा धकेल दिया है और माता की मनःस्थिति ठीक नहीं है, उसकी शारीरिक स्थिति भी ठीक नहीं है तो वह अच्छा बच्चा कैसे पैदा करेगी?...? स्वस्थ बच्चा कैसे पैदा करेगी? अगर वह शारीरिक दृष्टि से स्वस्थ बच्चा पैदा भी कर दे तो वह बच्चा मानसिक...
- अगर पेट को फाड़ डाले या ठीक कर दें तो?...? नहीं बेटे! यदि फाड़ना ही है तो आपको अपनी जीभ को फाड़नी चाहिए। अच्छा साहब! यदि जीभ को काट डाले तो फिर...
- अगर पेट खराब है, पचता नहीं है, तो मलाई-मिठाई क्या करेगी?...? और जहर पैदा कर देगी। मेरा मतलब पात्रता से है।आप ध्यान दीजिए और गौर कीजिए। पात्रता का विकास किये बिना...
- अगर पेट जमा करके रखेगा, तो क्या हो जायेगा?...? तो पेट फूल जायेगा, पेट में दर्द हो जायेगा। उल्टी हो जायेगी, दस्त हो जायेंगे। सौ बीमारियाँ पैदा हो जा...
- अगर पेड़ को बड़ा एवं ऊँचा बनाना हो तो क्या करना पड़ेगा?...? इसके लिए सिर्फ एक काम करना पड़ेगा कि उसकी जड़ों के लिए गुंजाइश छोड़नी पड़ेगी। जड़ें जितनी गहरी होंगी...
- अगर पेड़ को बड़ा एवं ऊँचा बनाना हो तो क्या करना पड़ेगा?...? इसके लिए सिर्फ एक काम करना पड़ेगा कि उसकी जड़ों के लिए गुंजाइश छोड़नी पड़ेगी। जड़ें जितनी गहरी होंगी, पेड...
- अगर पेड़ ने फल देना बन्द कर दिया होता तब?...? तब फिर नये फल नहीं आते। बीज गलता है, गलने के बाद में फलता है। अगर बीज गलना बन्द कर दे तब? तब फिर फले...
- अगर पोषण मिला होता, तो वे जो सन्त, बाबाजी गंगाजी के किनारे, जमुना जी के किनारे बैठे रहते हैं और पण्डित लोग जो भीख माँगते रहते हैं, सारे दिन रामायण का पाठ करते रहते हैं, इनके अन्दर आपको कोई तेज दिखाई पड़ता है?...? इनके अन्दर कोई वर्चस्, आपको दिखाई पड़ता है? इनके अन्दर कोई गौरव दिखाई पड़ता है? इनके अन्दर कोई जीवन ...
- अगर प्यार का मतलब देना आप नहीं समझते हैं, प्यार का मतलब आप ये समझते हैं कि भगवान की भक्ति करें, और उनको कठपुतली के तरीके से चलाएँ, और उचित और अनुचित जो कुछ भी फायदे उठा लें — इसको भक्ति कहते हैं?...? तब आप अपनी भक्ति की परिभाषा बदल दें, और इस भक्ति से आप बाज़ आएँ, और ये भक्ति को आप भक्ति कहना बन्द कर ...
- अगर प्राचीनकाल की धर्म-संस्कृति के इतिहास को देखें, तो आपको पता चलेगा कि उनका स्थान कितना महान था?...? नर-नारी दोनों में कोई फर्क नहीं था। अगर हम ध्यान से देखते हैं तो हमें पता चलता है कि नारियाँ सामाजिक...
- अगर फूल चढ़ा दिया, तो उसके गुण हमको ध्यान रखने चाहिए कि हमें अपनी जिन्दगी में क्या करना है?...? हमें क्या करना है? यह बिना बोलने वाला फूल अपनी मूकवाणी से सिखाता है।
मित्रो! दीपक से क्या मतलब ह...
- अगर बच्चा अकेला हो तब?...? तब वह गाय के बच्चे की तरीके से, बन्दर के बच्चे की तरीके से अनगढ़ रहेगा। परिवार के बीच रहकर बच्चों को व...
- अगर बच्चे के अंग में गन्दगी लगी है, तो उसे हम कैसे गोद ले सकते हैं?...? जो बड़े काम करना चाहते हैं और छोटे काम से जी चुराते हैं, उनकी सफलता सन्दिग्ध ही बनी रहती है। नहीं साह...
- अगर बच्चे के पर्चे अच्छे नहीं, खराब गये, तो क्या यह आपके हाथ की बात है?...? नहीं साहब! यह पराये हाथ की बात है। महत्त्वाकांक्षाएँ, जो हमने सँजो रखी हैं, हर महत्त्वाकांक्षा की पू...
- अगर बछड़ा गाय के पास न बैठे तो उसे दूध कहाँ से मिलेगा?...? माँ की छाती से बच्चा नहीं लिपटे तो माँ का दूध उसे कहाँ से मिलेगा? पारस के छुए बिना लोहा सोना कैसे बन...
- अगर बीच में भागोगे, तो काम कैसे बनेगा?...? इससे बड़ी मुसीबत होगी। अगर कोई बैल मारने आएगा, तो आप गोबर करने लगेंगे, तो काम कैसे चलेगा? आपको उत्स...
- अगर बीच-बीच में वह व्यक्ति भागेगा, तो वह वापस कैसे आएगा?...? महापुरुष आखिरी दम तक अपने उद्देश्य पर डटे रहे, संकल्प पर अडिग रहे, अपने स्थान पर बने रहे। वे बीच म...
- अगर बीज गलना बन्द कर दे तब?...? तब फिर फलेगा नहीं; जितना है, उतना ही रह जाएगा। उन्नति के लिए, विकास करने के लिए और अपने आपको महत्त्व...
- अगर भक्ति को समझ सकते हों, तब फिर ये क्या हो जाएगा?...? फिर ये भक्तियोग हो जाएगा। अपने जीवन की वास्तविकता को समझ सकें, तो ये ज्ञानयोग हो जाएगा। जब अपने फर्ज...
- अगर भगवान आपके पास आए, तब क्या करना पड़ेगा?...? तब बेटे! रोम-रोम साफ करना पड़ेगा। अपनी नस-नस साफ करनी पड़ेगी। इससे कम में काम नहीं चल सकता। गन्दगी मे...
- अगर भगवान की एक किरण हमारे पास आ जाती, तो हमारे चेहरे पर मुस्कराहट आ जाती; हमारे चेहरे पर सन्तोष आ जाता; हमारे चेहरे पर आनन्द दिखायी पड़ता; पर हमने जाना ही नहीं आनन्द किसे कहते हैं; जाना ही नहीं सन्तोष किसे कहते हैं; जाना ही शान्ति किसे कहते हैं; जानता ही नहीं हर्षोल्लास किसे कहते हैं?...? हमने कभी नहीं जाना ऐसी खीज में और जलन मेंं हम जलते-जलते इतने बड़े हो गए और अब मोमबत्ती के तरीके से सा...
- अगर भगवान की विशेषता न आए तब?...? तब बेटे, शर्त है कि आप पकड़ क्या रहे हैं? लीजिए पकड़ लिया और चिल्लाए—भाई साहब! करेंट आ गया-करेंट आ ग...
- अगर भगवान के साथ में मनुष्य जुड़ जाए, तब?...? तब भगवान की सारी विशेषताएँ इनसान के भीतर दिखाई पड़ेंगी। इनसान के भीतर भगवान के गुण, भगवान के कर्म, भ...
- अगर भगवान मनुष्य में शामिल हो जाएँ तो?...? नहीं बेटे! ऐसा नहीं हो सकता। नहीं साहब! भगवान तो मनुष्य की मनोकामना पूरी करने में कोई दिलचस्पी नहीं ...
- अगर भगवान सोया करेंगे तो सूरज, चाँद कैसे उगेगा?...? हवाएँ कैसे चलेंगी? जीव-जंतु, पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे? भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गर...
- अगर भगवान सोया करेंगे तो सूरज-चाँद कैसे उगेगा?...? हवाएँ कैसे चलेंगी? जीव-जंतु पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे? भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरम...
- अगर भगवान् श्रीकृष्ण ऐसे रहे हों, तो क्या पता चलता है?...? महाराज जी! हमने तो बहुत सुन्दर देखे हैं। हाँ बेटे। आपने सुन्दर देखे हैं। उसी सुन्दरता को लेकर हम...
- अगर भगवान् सोया करेंगे, तो सूरज, चाँद कैसे उगेगा?...? हवाएँ कैसे चलेंगी? जीव-जंतु पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे? भगवान् सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, ग...
- अगर भूख न होती तब?...? तब हर जानवर चुपचाप पड़ा रहता। मगरमच्छ एक बार किसी जानवर को निगल लेता है, तो फिर चुपचाप पड़ा रहता है।...
- अगर भेड़ देना बन्द कर दें तब?...? भेड़ की ऊन कटना बन्द हो जाए तब? तब फिर जितनी ऊन भेड़ जन्म के समय पर लाई थी, बस उतनी रहेगी। भगवान् देगा...
- अगर मच्छरों की दुनिया कहीं हुई और मच्छरों की दुनिया में भगवान की भक्ति का विस्तार कहीं फैल गया तब?...? भगवान क्या इनसान के रूप में आएँगे? नहीं, इनसान के रूप में नहीं, मच्छर के रूप में आएँगे, क्योंकि यह ज...
- अगर मच्छरों की दुनिया कहीं हुई और मच्छरों की दुनिया में भगवान की भक्ति का विस्तार कहीं फैल गया तब?...? भगवान क्या इनसान के रूप में आएँगे? नहीं, इनसान रूप में नहीं, मच्छर के रूप में आएँगे, क्योंकि यह जीव,...
- अगर मन नहीं लगा, तो बेगार भुगतने के तरीके से, लकीर पीटने के तरीके से कोई भजन-पूजन कर लेंगे, तो इससे क्या परिणाम निकलने वाला है और क्या फल मिलने वाला है?...? कुछ परिणाम नहीं निकलेगा। लकीर पीटने से किसी को क्या मिला है? कुछ नहीं। लकीर पीटने के हिसाब से घर का ...
- अगर मनुष्य के भीतर से प्राण निकल गया, तो फिर वह मनुष्य कैसे हो सकता है?...? और हमारे भीतर से शरीर निकल जाए, तो क्या हो जाएगा? तो फिर हम हो जाएँगे—भूत।
भूत कैसा होता है?...
- अगर मनुष्य को प्रारम्भ का, अन्त का, बीच का बारी-बारी से सिखा दिया जाए, तो बात बनने वाली कदापि नहीं है?...? हम सबको उसी तरह सिखाया गया। हमें केवल पूजा-विधि बतलाई गई। इसके अन्तर्गत यह कहा गया कि अमुक पूजा कर ल...
- अगर मर्द भाग जाये तो?...? तो सब जायें और उसको पकड़कर लायें जैसे पागल कुत्ते को पकड़कर लाते हैं और वैसे ही बाँधकर उसको जला दें उस...
- अगर माता-पिता जीवित हैं, तो बच्चे उनसे झगड़ा करते हैं कि आपने हमें पैदा किया है, तो आपका कर्तव्य होता है, फर्ज होता है कि हमारे लिए धन लाइए, क्यों लाइए?...? किस कारण से लाइए? किसके लिए लाइए? इसकी वजह बताइए? जबकि पढ़ा-लिखाकर नौकरी से लगा दिया है। शादी-ब्याह ...
- अगर मान लीजिये कि सही न हुईं गलत हुईं तब?...? तब मेरी तो जिन्दगी बेकार गई। इसलिए आपका मैं नुकसान नहीं उठा सकता। जब तक मैं पता न लगा लूँ कि यह उपयो...
- अगर मैं जाऊँ शंकर भगवान के सामने तो?...? बेटे! तू ऐसे वक्त जाना जब महादेव जी सोकर के नहीं उठे हों। सोकर के उठते ही शायद आँखों को मलते हों और ...
- अगर मैं तुझे अकेला चावल ही खिलाऊँ तो?...? सारे दिन में तो केवल चावल डेढ़ पाव से आधा किलो खा सकता हूँ, अगर आप दूसरी चीज, दें तब। बेटे, भगवान जी ...
- अगर मैं बैठा रहूँ और सिर में से पानी निकलता रहे तो पानी जमीन पर गिरेगा और बहता चला जाएगा, लेकिन मैं कभी सोऊँ तब, करवट लूँ तब?...? पानी मेरे सिर में से निकलता है तो नाक में, कान में और मुँह में घुसेगा कि नहीं, फिर मैं मरूँगा कि जिऊ...
- अगर मैं हिन्दुस्तान में भी घूमता फिरूँ तो मेरे अन्य सारे काम कैसे होंगे?...? वैज्ञानिक अध्यात्मवाद का प्रतिपादन और भी प्रखर बनाने के लिए पाँच साल में मुझे अत्यधिक महत्त्वपूर्ण क...
- अगर यह उपार्जन इन्होंने नहीं किया है, तो सामान्य मनुष्यों की अपेक्षा उनमें ये विशेषता क्यों दिखाई पड़ती हैं?...? जिनके अन्दर कुछ विशेषताएँ दिखाई पड़ती हैं, मित्रो! उनके कुछ विशेष कर्तव्य और विशेष जिम्मेदारियाँ हैं...
- अगर यह उपार्जन इन्होंने नहीं किया है, तो सामान्य मनुष्यों की अपेक्षा उनमें ये विशेषता क्यों दिखाई पड़ती है?...? जिनके अन्दर कुछ विशेषताएँ दिखाई पड़ती हैं, मित्रो! उनके कुछ विशेष कर्तव्य और विशेष जिम्मेदारियों हैं। ...
- अगर यह कसावट न होती तब?...? तब हम कुछ नहीं कह सकते। हाँ, जप की संख्या तो पूरी हो जाती। संख्या पूरी हो जाने के बाद में कोई परिणाम...
- अगर यह ख्याल बना रहे कि आज हम जिन्दा हैं, पर कल हमें मरना ही पड़ेगा; आज मरे हैं, पर कल जिन्दा रहना ही पड़ेगा तो यह स्मृति सदा बनी रहती कि हमको क्या करना चाहिए और क्या नहीं करना चाहिए?...? हमारे लिए मरघट और घर दोनों एक ही होने चाहिए। समझना चाहिए कि आज का घर कल मरघट होने वाला है और आज का म...
- अगर यह चीज आपको मिल जाएगी तो उसका आप करेंगे क्या?...? इसका जवाब हमें दीजिए। देवताओं का वरदान ऐय्याशी के लिए, मजा उड़ाने के लिए नहीं। शराबखोरी के लिए नहीं ...
- अगर यह चीज आपको मिल जाएगी तो उसे आप करेंगे क्या?...? इसका जवाब हमें दीजिये। देवताओं का वरदान ऐय्याशी के लिए, मजा उड़ाने के लिए नहीं है। शराबखोरी के लिए नह...
- अगर यह धागा न बाँधे कठपुतली तब?...? यह कहे-हम तो समर्पित नहीं होते, हम तो इनके अनुशासन को नहीं मानेंगे फिर? फिर कठपुतली का तमाशा देखा जा...
- अगर यह पतंग सुपुर्द न करे तब?...? तब फिर जैसा छोटा, घिनौना मनुष्य है, वैसा ही तो रह जाएगा आगे कहाँ बढ़ेगा? आगे उसकी उन्नति की सम्भावना ...
- अगर यह योजना चलेगी तो क्या होगा?...? भावी योजना के बारे में मैं आपको बता रहा हूँ कि इसमें हम यह प्रयत्न करेंगे कि आदमी को तपस्वी बनाएँ। त...
- अगर यह योजना चलेगी तो क्या होगा?...? भावी योजना के बारे में मैं आपको बता रहा हूँ कि इसमें हम यह प्रयत्न करेंगे कि आदमी को तपस्वी बनाएँ। त...
- अगर यही क्रम बना रहा और जनता अपने नागरिक कर्तव्यों को नहीं समझती, नागरिक जिम्मेदारियों को नहीं समझती तो फिर यही होगा कि जो कोई व्यक्ति या पार्टी अमुक लोभ दिखाएगा, कोई पैसा दिखाएगा,कोई भय दिखाएगा, कोई जाति-बिरादरी की बातें कहेगा, कोई क्या कहेगा?...? कोई क्या कहेगा? उसी को समर्थन मिलता जाएगा।...
- अगर यही क्रम बना रहा और जनता अपने नागरिक कर्तव्यों को नहीं समझती, नागरिक जिम्मेदारियों को नहीं समझती तो फिर यही होगा कि जो कोई व्यक्ति या पार्टी अमुक लोभ दिखाएगा, कोई पैसा दिखाएगा, कोई भय दिखाएगा, कोई जाति-बिरादरी की बातें कहेगा, कोई क्या कहेगा?...? कोई क्या कहेगा? उसी को समर्थन मिलता जाएगा।...
- अगर ये आपके भीतर है, तो आप क्या क्रिया करते हैं, क्या नहीं करते?...? चलिए आपकी क्रिया घटिया किस्म की हो तो भी मैं यह कहूँगा कि आप योगी हैं, आप सन्त हैं, आप तपस्वी हैं और ...
- अगर ये आपके भीतर हैं, तो आप क्या क्रिया करते हैं, क्या नहीं करते?...? चलिए आपकी क्रिया घटिया किस्म की हो तो भी मैं यह कहूँगा कि आप योगी हैं, आप सन्त हैं आप तपस्वी हैं और आ...
- अगर ये चीजें नहीं मिलती होंगी, तो बताइये हम क्या करेंगे?...? बियर पीने को न मिली तो हम क्या करेंगे स्वर्ग में? स्वर्ग के बारे में यह बातें असत्य हो सकती हैं, पर ...
- अगर ये धागा न बाँधे कठपुतली तब, ये कहे हम तो समर्पित नहीं होते, हम तो इनके अनुशासन नहीं मानेंगे तब कठपुतली का तमाशा दिखाया जाना कैसे सम्भव है?...? नहीं, कठपुतली का तमाशा दिखाना सम्भव नहीं है। भगवान का उद्यान, भगवान के उद्यान में, अगर हम रहें, तब फ...
- अगर ये पचास लाख आदमी स्वर्ग में जाएँगे, तो वहाँ रहेंगे कहाँ?...? हर साल में कितनी सोमवती अमावस्या होती हैं? चार-पाँच तो होती ही हैं, तो महाराज जी! ये तो दो करोड़ आदम...
- अगर ये पतंग न करे तब, तब फिर जैसा छोटा और घिनौना मनुष्य है वैसे तो रह जाएगा आगे बढ़ेगा कहाँ?...? आगे उसकी उन्नति की सम्भावना कहाँ है? उसकी उन्नति के लिए कोई गुंजाइश नहीं है, कोई सम्भावना नहीं है।
...
- अगर ये बकरा काटने वाली हैं, तो जो हमारे पड़ोस में कसाई रहता है, उसमें और इसमें क्या फरक है?...? नहीं साहब! ये तो देवी जी हैं। माँस तो ये भी खाती हैं और वो कसाई भी खाता है, तभी तो मैं इसे कसाई कह र...
- अगर ये बकरा काटने वाली हैं, तो हमारे पड़ोस में कसाई रहता है उसमें और इसमें क्या फर्क है?...? नहीं साहब! ये को देवी जी हैं। मास तो ये भी खाती हैं और जो कसाई भी खाता है, तभी को मैं इसे कसाई कह रह...
- अगर ये बातें मनुष्य को याद नहीं हैं, उसे केवल किसी मन्दिर की मूर्ति की शक्ल भर याद रहती है, तो कैसे कहा जाए कि इस आदमी को भगवान् याद है और वह भगवान् को भूला नहीं है?...? साथियो! लोग भगवान् को भूलते जा रहे थे और भूल रहे हैं। इसीलिए उनको स्मरण दिलाए रखने के लिए मन्दिरों ...
- अगर ये बातें मनुष्य को याद नहीं हैं, उसे केवल किसी मन्दिर की मूर्ति की शक्ल भर याद रहती है, तो कैसे कहा जाए कि इस आदमी को भगवान याद है और वह भगवान को भूला नहीं है?...? साथियो! लोग भगवान को भूलते जा रहे थे और भूल रहे हैं। इसीलिए उनको स्मरण दिलाए रखने के लिए मन्दिरों की ...
- अगर ये बातें मनुष्य को याद नहीं हैं, उसे केवल किसी मन्दिर की मूर्ति की शक्ल भर याद रहती है, तो कैसे कहा जाए कि इस आदमी को भगवान याद है और वह भगवान को भूला नहीं है?...? साथियो! लोग भगवान को भूलते जा रहे थे और भूल रहे हैं। इसीलिए उनको स्मरण दिलाए रखने के लिए मन्दिरों की ...
- अगर ये बुरी इच्छा में ढालने वाली रीति बदल दी जाय और अच्छी दिशा में ढालने वाला प्रयास किया जाय तो आप समझ सकते हैं, जनता के मस्तिष्क को बदलने में, ढालने में कितना बड़ा काम हो सकता है?...? गायन को बदल दिया जाए, संगीत को बदल दिया जाए, नारी के चित्र को बदल दिया जाए, मूर्ति को बदल दिया जाए, ...
- अगर ये माध्यम नहीं होंगे, तो हम किस तरीके से आपको सिखा पाएँगे?...? ब्लैकबोर्ड हमारे पास नहीं होंगे, खड़िया हमारे पास नहीं होगी तो हम आपको गणित कैसे सिखा पाएँगे? जरा आप...
- अगर ये माध्यम नहीं होंगे, तो हम किस तरीके से आपको सिखा पाएँगे?...? ब्लैकबोर्ड हमारे पास नहीं होंगे, खड़िया हमारे पास नहीं होगी तो हम आपको गणित कैसे सिखा पाएँगे? जरा आप ...
- अगर ये सब न हों, तो कोई लड़की कैसे ब्याह करने को तैयार हो जाएगी?...? दीक्षा को एक तरह का आध्यात्मिक विवाह ही कहते हैं। आध्यात्मिक विवाह करना हर आदमी के वश की बात नहीं है...
- अगर रंगा हुआ हो, तो फिर क्या कहना?...? बेटे, हमने आपको धुना है। किस तरह से? इस तरह से धुना है जैसे कि रुई धुनी जाती है। शुरू में रुई जरा ...
- अगर रामचंद्र जी हमारे सामने आकर खड़े हो जायँ, तो हम कड़वे वचन बोलेंगे?...? उनको गालियाँ देंगे? उनके सामने बुरा व्यवहार करेंगे? नहीं करेंगे। हमारे व्यवहार में मिठास आ जायेगी।...
- अगर रीछ को, बन्दर को, साँप को, शेर को साध लेना सम्भव है तो अपने जीवन को साध लेना क्या सम्भव नहीं है?...? जीवन को साध लेने का नाम ही साधना है।
गुणों को साधिए
क्यों साहब! हमने सुना है कि जो ल...
- अगर रीछ को, बन्दर को, साँप को, शेर को साध लेना सम्भव है तो अपने जीवन को साध लेना क्या सम्भव नहीं है?...? जीवन को साध लेने का नाम ही साधना है। गुणों को साधिए क्यों साहब! हमने सुना है कि जो लोग देवताओं की सा...
- अगर लड़कियाँ हों तो?...? तो क्या लड़कियाँ बुरी होती हैं। नहीं साहब! लड़का तो होना ही चाहिए। हमारा वंश तो चलना ही चाहिए।
म...
- अगर लोग ये कहें कि आपकी संस्था में जाकर हमने क्या पाया है?...? हमने एक ही चीज दी है लोगों को। क्या? हमने आपको छीला है, हमने आपको तराशा है। हमने आपकी पहल काटी है और...
- अगर लोगों से यह पूछा जाय कि चोरी करना अच्छा होता है कि ईमानदारी से रहना अच्छा होता है?...? चोरी करना खराब बात है और ईमानदारी से रहना अच्छी बात है। जो व्यक्ति चोरी किया करते हैं, वे भी ईमानद...
- अगर वह अपने दैत्य बाप के कहने पर चला होता और पुरानी परम्परा पर चला होता, तो सिवाय दैत्य के क्या हो सकता था?...? बाप दादे जो काम करते थे, वही काम प्रह्लाद भी करता, परन्तु प्रह्लाद ने अपने आपको बदल दिया। इसी तरह गु...
- अगर वह जुड़ें नहीं तब?...? तब पंखा कैसे चले? बल्ब कैसे जले? दूसरे काम कैसे बनें? इसलिए इनका जुड़ जाना आवश्यक है। जुड़े बिना बड़ी श...
- अगर वह नकली धन हो तब?...? तब उससे हम कुछ नहीं खरीद सकते। हजार रुपये का नकली नोट दीजिए और दुकानदार से कहिए कि भाई साहब! हजार रु...
- अगर वह नहीं होती तो हमें न जाने कहाँ जाना पड़ता और न जाने हम किस तरह से मारे-मारे फिरते होते?...? मित्रो! नारी हमारी बेटी है, जो हमारे और आपके अन्दर सौजन्य एवं स्नेह भरती है। हमारी आँखों में पवित्रत...
- अगर वह मंत्री आए और आपके ऊपर प्रभाव डाले तो क्या कोई प्रभाव पड़ सकता है?...? नहीं, कोई प्रभाव नहीं पड़ सकता। लेकिन दक्षिण भारत के रहने वाले केरल निवासी जगतगुरु शंकराचार्य केरल...
- अगर वह मंत्री आए और आपके ऊपर प्रभाव डाले तो क्या कोई प्रभाव पड़ सकता है?...? नहीं, कोई प्रभाव नहीं पड़ सकता। लेकिन दक्षिण भारत के रहने वाले केरल निवासी ज़गत्गुरु शंकराचार्य केरल क...
- अगर वहाँ भगवान की भी मिट्टी पलीद हो जाए तो हर्ज की क्या बात है?...? बेटे ! हमको माँस खाने की आदत है। उस आदत को पूरा करने के लिए हम देवी का बहाना लेते हैं और देवी पर बकर...
- अगर वहाँ लड़ाई नहीं लड़ी गयी होती तब?...? तब कर्ण, दुर्योधन, दुःशासन और शिशुपाल मिल करके जाने कैसा हाहाकार कर देते और लपक करके आदमियों को तहस-...
- अगर विचारशीलता दुनिया में से खत्म हो गयी थी, तो गुरुगोविन्द सिंह के साथ-इतने सारे सिक्ख हाथ में माला और भाला ले करके अपनी जान कुर्बान करने के लिए कहाँ से आ गये थे?...? फिर महात्मा गाँधी को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी कहाँ से मिल गये थे? समझदार आदमियों को ढूँढ़ने के लिए...
- अगर विनोबा भावे ने एम० ए० कर लिया है या कई भाषाएँ पढ़ ली हैं तो कौन सी नई बात हुई?...? कोई खास बात नहीं है। मित्रो! उनके अन्दर क्या विशेषता है? उनकी दृष्टि, उनका चिन्तन, उनकी मान्यताएँ, उनक...
- अगर वे भी खर्च हो गये तो महीने भर खायेंगे क्या?...? साहब! अपने भाई को अँगूठी नहीं दूँगी, तो उन्हें अपना मुँह कैसे दिखाऊँगी। आप मेरे लिए कपड़े बनवा कर लाइ...
- अगर वो जुड़ें नहीं तब - पंखा कैसे चले?...? बल्ब कैसे जलें? दूसरे काम कैसे बनें? इसीलिए इसको जुड़ जाना आवश्यक है। जुड़े बिना बड़ी शक्ति प्राप्त नही...
- अगर शंकर भगवान ने—आदि शंकराचार्य ने अपने दृष्टिकोण में हेर-फेर न किया होता तब?...? तब फिर वही होते जो उनकी माँ चाहती थी। एक मामूली पण्डित-पुरोहित होते, जनम-पत्रिका बनाते फिरते, पूजा-प...
- अगर शंकराचार्य ने भगवान की पुकार न सुनी होती तब?...? तब बेटे यही होता जो हमारा आपका हुआ है। क्या हो जाता? नौ बेटे और ग्यारह बेटियाँ होतीं। एक बच्चा गोद म...
- अगर शंकराचार्य ने भगवान् की पुकार न सुनी होती तब?...? तब बेटे यही होता, जो हमारा-आपका हुआ है। क्या हो जाता? नौ बेटे और ग्यारह बेटियाँ होतीं। एक बच्चा ...
- अगर शरीफ आदमी न मिलते तो क्या करते?...? तब श्रीकृष्ण भगवान् ने जो लीला करके दिखाई, वही वे भी करते। श्रीकृष्ण ने अर्जुन को समझाया कि तू लड़,...
- अगर शिक्षा न होगी तो आदमी अपने शरीर को कैसे सँभाल पायेगा?...? समाज के साथ किस तरीके से तालमेल बिठा पायेगा? अपनी अकल का उपयोग किस तरीके से कर पायेगा? इन सब जानकारि...
- अगर श्रम के प्रति आपके अन्दर सम्मान है, तो फिर आप देखना कि क्या चमत्कार होता है?...? आप श्रम करेंगे तो दीर्घजीवी होंगे। इसके लिए खुराक की जरूरत है, अमुक चीज की जरूरत है, इसके साथ ही सबस...
- अगर संकल्प न होता तब?...? व्रत नहीं लिया होता तब? निश्चय न किया होता तब? तब फिर सम्भव नहीं था। संकल्प कर लेने के बाद तो आदमी ...
- अगर संस्कारवान नहीं बनाया, तब?...? तब भाई साहब! मैं किसके-किसके किस्से सुनाऊँ? आपको औरंगजेब का किस्सा बताऊँ, आपको शाहजहाँ का किस्सा बता...
- अगर सच में कहीं भूत मिले, तो मैं उनसे बहुत प्यार की बात करूँगा और कहूँगा कि दोस्त अभी तो मैं किताबों में पढ़ता रहता था कि मरने के बाद क्या होता है?...? अब तो तुम अच्छे मास्टर मिल गये हो, आओ इधर बैठते हैं। बताओ तो सही तुम्हारी दुनिया कैसी है? नहीं साहब!...
- अगर सबको फायदा होता है, तो मुझे एक दिन बिना घी के रोटी खानी पड़े तो क्या?...? आप बाँट दीजिए। घी कहाँ गया? जल गया? नहीं। फिर क्या हुआ? वह हवा में फैल गया। हमने घी को जलाया नहीं है...
- अगर समर्पित न करता तब?...? अगर आपके जैसी मनः स्थिति का होता तब वो नाला क्या कहता? गंगा जी से कहता आप नाला बन जाइए और हमारी मर्ज...
- अगर सांसारिकता के लिए माँगी गई हैं तो उससे पहले यह जानना जरूरी है कि उस दौलत को हजम कैसे कर सकते हैं?...? उसे खर्च कैसे कर सकते हैं? मनुष्य भूल कर सकता है, पर देवता भूल नहीं कर सकते। देवता आपको चीजें नहीं द...
- अगर साधना का चमत्कार आपको देखने का मन हो और साधना से सिद्धि की जो बात बताई गई है, वह करना हो तो आपको पहला काम क्या करना पड़ेगा?...? आपको सबसे पहले अपने काम में मन लगाना पड़ेगा। कोई भी काम हो, जिसमें भजन भी शामिल है, मन लगाकर करना पड़े...
- अगर सारे कुटुम्बियों को जो छोटे बच्चों को छोड़ कर जो समर्थ व्यक्ति हैं, किसी न किसी तरीके से किसी काम में लगाये रखने की बात पर विचार कर लें, तो आपको कुटुम्ब पालने में क्या दिक्कत पड़ सकती है?...? कुटुम्ब परिवार आपका भारी क्यों पड़ना चाहिए? आपको पेट भरने में दिक्कत क्यों होनी चाहिए? आप औसत नागरिक...
- अगर स्नेह के साथ में तुम्हें कोई आशीर्वाद दे या परामर्श दे तो उसका कोई असर शरीर पर पड़ेगा क्या?...? शरीर पर कोई असर नहीं पड़ सकता। गायत्री उपासना-गायत्री साधना के क्रियापरक कर्मकाण्ड की तुलना शरीर के क...
- अगर स्नेह के साथ में तुम्हें कोई आशीर्वाद दें या परामर्श दे दें तो उसका कोई असर शरीर पर पड़ेगा क्या?...? शरीर पर कोई असर नहीं पड़ सकता। गायत्री उपासना—गायत्री साधना का क्रियापरक कर्मकाण्ड की तुलना शरीर से—क...
- अगर स्वयं त्याग करने का माद्दा हमारे भीतर विकसित नहीं हुआ है, तो हम कौन सी वाणी से और कौन से शब्दों से और कौन से बोलों से लोगों से यह कहेंगे और कहने में समर्थ होंगे?...? मित्रो! बचपन में मैंने जुलाहे की एक कहानी सुनी थी। उसने एक दिन किसान को देखा कि उसके खेत में बहुत ...
- अगर स्वामी केशवानन्द कलेक्टर होते तो क्या वे इतने महत्त्वपूर्ण कार्य करने में समर्थ हो सकते थे?...? उन्होंने साढ़े तीन सौ गाँवों में स्कूल बना दिये, सात कॉलेज बना दिये और जनता को स्वावलम्बी बना दिया।...
- अगर स्वामी केशवानन्द कलेक्टर होते तो क्या वे इतने महत्त्वपूर्ण कार्य करने में समर्थ हो सकते थे?...? उन्होंने साढ़े तीन सौ गाँवों में स्कूल बना दिये, सात कॉलेज बना दिये और जनता को स्वावलम्बी बना दिया। स...
- अगर हम अपने दिमाग को सन्तुलित और नियंत्रित कर लें तब?...? अन्यथा हमारा मन दो कौड़ी के लोभ में फँसा रहता है और हम लोभ की दलदल में फँसते चले जाते हैं। मन ही हमा...
- अगर हम आपको कोई पद सौंप दें और अमुक काम सौंप दें, तो इससे कोई काम बना है?...? नहीं, इससे कोई काम नहीं बना है।मित्रो! काम किससे बनता है? काम उससे बनता है जिस जीवात्मा के भीतर प्रक...
- अगर हम आपको बाहर न भेजें, तो यहाँ कैसे सिखा सकते हैं?...? यहाँ लोकसेवी थोड़े ही रहते हैं ! यहाँ तो हमीं लोग रहते हैं, तो हमें क्या सिखाएँगे। बाहर वालों को सिख...
- अगर हम आपको बाहर न भेजें, तो यहाँ कैसे सिखा सकते हैं?...? यहाँ लोकसेवी थोड़े ही रहते हैं। यहाँ तो हमीं लोग रहते हैं, तो हमें क्या सिखाएँगे? बाहर वालों को सिखान...
- अगर हम आपको बेहतरीन, अच्छा वाला टीटागढ़ का कागज लाकर दे दें और पार्कर का पेन दे दें तथा स्वॉन की स्याही लाकर दे दें, तो आपका यह ख्याल है कि आप एम०ए० पास कर सकते हैं?...? क्या आपका यह ख्याल है कि आप बी०ए० फर्स्ट डिवीजन ले आएँगे? अगर आपका यह ख्याल है, तो गलत है। अगर आप फा...
- अगर हम उस ताकत को किसी अच्छे काम में लगावें, तो न जाने क्या-क्या कर सकते हैं?...? अगर इसे सन्तुलित ढंग से प्रयोग करें, तो हम लव-कुश की तरह सन्तान पैदा कर सकते हैं। अपने आप में यह चक्र ...
- अगर हम उसका सहयोग न करते तब?...? रामकृष्ण परमहंस की आज्ञा न मानते विवेकानन्द, तो क्या वे विवेकानन्द बनते? आशीर्वाद लेकर घर बैठ जाते। ...
- अगर हम कोई उपासना न करें?...? आप कोई उपासना मत कीजिए। बस, दो उपासनाएँ कर लीजिए। मैं आपसे वायदा करता हूँ और वचन देता हूँ कि आपकी जी...
- अगर हम घूरे की पूजा नहीं करेंगे, तो किसकी पूजा करेंगे?...? ये बेजान घूरा है, बेजान चक्की है, पर हम तो बेजान नहीं हैं, हममें तो जान है। हर जानदार का एक फर्ज ह...
- अगर हम चोर और बेईमान होते, तो जो हमारी पिताजी की दी हुई सम्पत्ति थी, वह सारी-की-सारी सम्पत्ति हम अपने गाँव का हाईस्कूल बनवाने के लिए क्यों दे जाते?...? इसके अलावा जो कुछ भी रह गया, वह सारा-का-सारा हमने गायत्री तपोभूमि बनाने में दान कर दिया। पैसा हमार...
- अगर हम दरवाजे तक कुत्ते की टट्टी का ढेर लगा दें तब?...? तब मित्रो! गवर्नर साहब कहेंगे कि ये बड़े घटिया आदमी हैं। भगवान के लिए तो कुछ भी नहीं करना पड़ेगा। बस...
- अगर हम पंचकोश की साधना करना चाहें और कुण्डलिनी की साधना करना चाहें तो?...? बेटे, यह इंडोर पेशेन्टों का इलाज है। जब किसी का ऑपरेशन होना होता है, तो मरीज को अस्पताल में भर्ती ...
- अगर हम पसीना नहीं निकालें तब?...? पेशाब न करें तब? साँस नहीं लें तब?...
- अगर हम पीला कपड़ा पहन लें तो क्या वैकुण्ठ को चले जाएँगे?...? नहीं बेटे! कहीं नहीं जाएगा, चाहे पीला कपड़ा पहन ले, चाहे हरा पहन ले। इससे क्या बनता है? हम तो यह याद...
- अगर हम पीला कपड़ा पहन लें तो क्या बैकुंठ को चले जाएँगे?...? नहीं बेटे! कहीं नहीं जमता, चाहे पीला कपड़ा पहन ले, चाहे हरा पहन ले। इससे क्या बनता है? हम तो यह याद द...
- अगर हम प्रार्थना न करें, पूजा न करें तो?...? तो फिर जिस तरह आप टिकट के लिए स्टेशन मास्टर के पास जाएँ और चुपचाप खड़े रहें, कुछ न कहें। क्या मतलब ह...
- अगर हम प्रार्थना न करें, पूजा न करें तो?...? तो फिर जिस तरह आप टिकट के लिए स्टेशन मास्टर के पास जाएँ आ चुपचाप खड़े रहे, कुछ न कहें। क्या मतलब है ...
- अगर हम राम जप को जानते होंगे, तो हमारा जीवन किस तरह का होगा?...? प्रत्येक कन्या के प्रति, प्रत्येक लड़की के प्रति हमारी आत्मा में हमारी आँखों में सिया की वृत्ति होगी।...
- अगर हम शादी-ब्याह करते तो बीबी क्या रामचंद्र जी की सेवा करने देती?...? फिर वह कहती कि रामचंद्र जी से तनख्वाह लाइए, बोनस लाइए, प्रॉवीडेंट फंड लाइए। नंबर दो की कमाई लाइए। और...
- अगर हमको भगवान पर विश्वास हो, तब?...? तब हमारे सोचने के तरीके अलग हो जायेंगे।
रामायण का सारांश
आप लोगों ने कदाचित रामायण पढ़ी हो। राम...
- अगर हमको ये चीजें न मालूम पड़ें, तो फिर मुरदे आदमियों को ढोने में क्या आनन्द आता है?...? लाशों को ढो-ढोकर हम कहाँ डालेंगे? सड़े हुए बदबूदार आदमियों को हम कहाँ कन्धे पर लिए फिरेंगे? मित्रो! ...
- अगर हमारा अटूट और अगाध विश्वास नहीं है और हम ख्वाब देखते रहें कि हमारे पास शंकरजी आने वाले हैं और शिवरात्रि को आने वाले हैं और हनुमानजी पूर्णमासी को आने वाले हैं और लक्ष्मीजी दिवाली को आने वाली हैं और श्रीकृष्णजी जन्माष्टमी को आने वाले हैं और रामचन्द्रजी रामनवमी को आयेंगे कि नहीं?...? हमें मालूम नहीं, आयेंगे कि नहीं आयेंगे? हम इंतजार नहीं करते, लक्ष्मीजी कब आयेंगी, हमें नहीं मालूम।मि...
- अगर हमारा तीसरा नेत्र खुल जाय तब?...? तब हमको आज की बात चाहे दिखाई पड़े, चाहे न दिखाई पड़े, लेकिन भविष्य हमको दिखाई पड़ेगा। फिर उज्ज्वल भवि...
- अगर हमारा बुद्धिवाद जिन्दा रहेगा और हमारा अर्थशास्त्र जिन्दा रहेगा तो फिर क्या होगा?...? अर्थशास्त्र के हिसाब से हमने, आपने, हरेक ने स्वीकार कर लिया है कि बुड्ढे बैल को कसाई के यहाँ जाना चा...
- अगर हमारा मस्तिष्क इन सबसे भरा हुआ हो, तो हम क्या काम करें?...? बेटे, तब हम जलने की बात सोचें, जलने की बात सीखें, दूसरों के फायदे की बात सीखें, कुरबान होने की बात स...
- अगर हमारा शरीर गायब हो जाये तो हम क्या करेंगे बताइए?...? फिर हम बेटे भूत हो जाएँगे। फिर गुरुजी क्या करेंगे? फिर बेटे यहीं बैठ जाएँगे कहीं पेड़ पर। गुरुजी व्या...
- अगर हमारा सम्बन्ध भगवान् से हो तो फिर क्या कहना?...? मध्यप्रदेश के पूर्व मंत्री हमारे पास आये और यह कहा कि गुरुजी हमें एक दिन के लिए ही मुख्यमंत्री बना...
- अगर हमारी भी तीसरी आँख भगवान शंकर की तरीके से खुली हुई हो, तब भगवान शंकर जाने क्या से क्या सिखाते हैं?...? भगवान शंकर के शरीर को जब हम देखते हैं, तो मालूम पड़ता है कि वे भस्म लगाये हुए हैं। वे मरघट में निवा...
- अगर हमारे आपके जैसा घटिया आदमी जापान का गाँधी कागावा होता तो?...? पर कागावा की तमन्नाएँ वो थीं, जो आध्यात्मिक मनुष्यों की होनी चाहिए। उन्होंने कहा मुझे जापान की सेवा ...
- अगर हमारे कलेजे छोटे हों तब?...? बेटे! तब हमारे पास पैसा-दौलत हो जाए तो क्या? ज्ञान हो जाए तो क्या? भक्ति हो जाए तो क्या? विद्या हो ज...
- अगर हमारे कलेजे छोटे हों तब?...? बेटे! तब हमारे पास पैसा-दौलत हो जाए तो क्या? ज्ञान हो जाए तो क्या? भक्ति हो जाए तो क्या? विद्या हो ज...
- अगर हमारे जीवन का लक्ष्य यह है कि हम दुनिया की सुविधाएँ इकट्ठी करें, दौलत इकट्ठी करें, चीजें इकट्ठी करें और हम दुनिया में अपनी ख्वाहिशें पूरी करें और हम दुनिया के ऐशो-आराम इकट्ठे करें तब?...? तब पूजा−पाठ सम्भव तो है, नामुमकिन तो नहीं है, लेकिन वह ऐसा हो जायेगा, जैसे कि घर में दूसरे लो...
- अगर हमारे पास ईमानदारी न हो और हम कर्तव्यों को समझते न हों, हमको अपने हित का ध्यान न हो, ज्ञान न हो, नागरिक कर्तव्यों-अधिकारों का अनुभव न हो, तो क्या होगा कि जब कभी भी वोट देने का वक्त आयेगा तो इस बात की जिम्मेदारी का अनुभव हम नहीं करेंगे कि कहाँ और किसको वोट देना चाहिए और किसे नहीं देना चाहिए?...? तब हम क्या करेंगे? तब हम सिर्फ यही करेंगे कि जहाँ हमारा स्वार्थ प्रेरित करेगा, जो कोई आदमी जीप म...
- अगर हमारे पास ईमानदारी न हो और हम कर्तव्यों को समझते न हों, हमको अपने हित का ध्यान न हो, ज्ञान न हो, नागरिक कर्तव्यों-अधिकारों का अनुभव न हो, तो क्या होगा कि जब कभी भी वोट देने का वक्त आयेगा तो इस बात की जिम्मेदारी का अनुभव हम नहीं करेंगे कि कहाँ और किसको वोट देना चाहिए और किसे नहीं देना चाहिए?...? तब हम क्या करेंगे? तब हम सिर्फ यही करेंगे कि जहाँ हमारा स्वार्थ प्रेरित करेगा, जो कोई आदमी जीप में ब...
- अगर हमारे पास उनके ठहरने, खाने, व्याख्यान आदि का प्रबन्ध हो तो हम क्यों बुलाएँगे पच्चीस महिलाएँ?...? फिर हम एक महीने के शिविर में एक हजार महिलाएँ बुला सकते हैं और एक हजार गाँवों में महिलाओं के विद्यालय...
- अगर हमारे भीतर चोर नहीं है, तो फिर हमको कौन डरा सकता है?...? कोई नहीं डरा सकता।हम ईमानदारी से जीवनयापन करते हैं, फिर हमारे ऊपर कोई कैसे अँगुली उठा सकता है? अँग...
- अगर हमारे भीतर से प्राण निकल जाए, तो क्या हो जाएगा?...? फिर बेटे! हम लाश हो जाएँगे। हमारा नाम क्या हो गया? लाश। फिर मनुष्य भी—मनुष्य नहीं रह जाता। अगर मनुष्...
- अगर हमारे मन में काम के प्रति उत्साह पैदा न हुआ, तो मैं नहीं जानता कि काम हमारे लिए किसी तरह का फायदेमन्द हो सकता है?...? नहीं हो सकता है। ऐसा कार्य हमारे लिए बेगार के तरीके से बना रहेगा। इस तरह बेकार किये हुए काम से हम ...
- अगर हमारे, आपके जैसा घटिया आदमी जापान का गाँधी कागावा होता तो?...? पर कागावा की तमन्नाएँ वो थीं, जो आध्यात्मिक मनुष्यों की होनी चाहिए। उन्होंने कहा "मुझे जापान की सेवा...
- अगर हैं तो उनकी क्रियापद्धति क्या है?...? इन प्रश्नों का उत्तर बालविनोद की तरह नहीं दिया जाना चाहिए। उनका वर्चस्व साधारण मनुष्यों जैसा नहीं है...
- अगर हैवान नहीं मर सका, शैतान नहीं मर सका, तो देवत्व क्यों मरेगा?...? भगवान क्यों मरेगा और इनसान क्यों मरेगा? इनसान-इनसान को देखकर आकर्षित होता है और भगवान-भगवान को देख क...
- अगले जन्म की बात कौन कर रहा है?...? हम तो इसी जन्म की बात कहते हैं। अरे साहब! अगले जन्म में सन्त हो जाएँगे, स्वर्ग में चले जाएँगे। नहीं ब...
- अगले जन्म की बात कौन कर रहा है?...? हम तो इसी जन्म की बात कहते हैं। अरे साहब! अगले जन्म में सन्त हो जाएँगे, स्वर्ग में चले जाएँगे। नहीं ब...
- अगले दिन उन्होंने मुझसे पूछा, ‘‘गद्दी तू ठीक कर गई क्या?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘जी पिताजी। पुरानी हो रही थी, थोड़ी फट भी रही थी। आपके पास लोग-बाग मिलने आते रहते हैं,...
- अगले दिन हम वो बताएँगे कि कारण-शरीर में विद्यमान ऋद्धि-सिद्धियों का जखीरा किस तरीके से प्राप्त कर सकते है?...? यह तीनों अनुदान आपके लिए बिल्कुल सुरक्षित हैं, शानदार हैं। ऐसे अनुदान हैं, जो आज की स्थिति की तुलना ...
- अगले दिनों क्या स्थापना होने वाली है?...? अगले दिनों विवेकशीलता की स्थापना होने वाली है। हम उस विवेकशीलता की स्थापना करने से डरने वाले नहीं है...
- अगले दिनों क्या स्थापना होने वाली है?...? अगले दिनों विवेकशीलता की स्थापना करने से डरने वाली नहीं हैं। हम विवेकशीलता से डरते नहीं है। जिसके मन...
- अगले दिनों क्या हो जाएगा?...? यही हो जाएगा। अमेरिका का बिलकुल यही हाल है; क्योंकि वहाँ तो आधुनिक संस्कृति है। आपकी संस्कृति देव सं...
- अगले दिनों क्या हो जाएगा?...? यही हो जाएगा। अमेरिका का बिलकुल यही हाल है; क्योंकि वहाँ तो आधुनिक संस्कृति है आपकी संस्कृति देव संस...
- अगले दिनों जनमानस यह देखकर रहेगा कि अगणित समस्याएँ उत्पन्न कहाँ से होती हैं?...? उस रानी मक्खी को खोजना है, जो आए दिन असंख्यों अण्डे-बच्चे जनती है और जिनकी भरण-पोषण में छत्तों की सम...
- अगले दिनों जो इस तंत्र द्वारा किया जाना है, उसकी रूपरेखा समझने पर सहज बुद्धि को यह विश्वास दिलाना कठिन है कि विश्वव्यापी सृजन प्रयोजनों में जितनी प्रतिभाओं और जितने साधनों की आवश्यकता है, उनकी व्यवस्था भी हो सकेगी?...? किन्तु वे यह सारे काम पूर्ण करने का निश्चय कर चुके हैं। समस्याएँ इतने प्रकार की, इतनी भारी और व्यापक...
- अगले दिनों देखा जा सकेगा कि इन दोनों ने हिमालय से निकलने वाली गंगा यमुना की तरह सूखी मरुभूमि को शस्य श्यामला बनाया कि नहीं?...? जहाँ करो या मरो का लक्ष्य हो, जहाँ दृष्टि सदा ऊँचे आसमान पर ही जमीं रहती हो, वहाँ असफलता का कोई का...
- अगले दिनों में क्या होगा?...? अगले दिनों में बुद्धिवाद आएगा। और क्या आएगा? अर्थशास्त्र आएगा। अर्थशास्त्र क्या कहेगा? अर्थशास्त्र य...
- अगले दिनों में क्या होगा?...? बेटे, जाति और वंश की समता आ जायेगी। नीचा-ऊँचा जाति के आधार पर नहीं रहेगा। नीचे और ऊँचे रहते थे और रह...
- अगले दिनों में जब नए युग का निर्माण होने जा रहा है, तो इसके सिद्धान्त क्या होंगे, आदर्श क्या होंगे?...? क्रियाकलाप क्या होगा? यही बतलाने के लिए हमने यह शिविर बुलाया है। इसका मतलब कुटुँब एवं पारिवारिकता है...
- अगले दिनों यदि नीति के सिद्धान्तों, धर्म के सिद्धान्तों, दया के सिद्धान्तों, परोपकार के सिद्धान्तों, चरित्रनिष्ठा के सिद्धान्तों आदि का सफाया हो जाएगा तब?...? तब हमको भय है कि जब मछली-मछली को खा सकती है तो आदमी-आदमी को क्यों नहीं खा सकता? सौ वर्ष बाद अगर यही ...
- अगले दिनों विश्व में क्या होने वाला है?...? विश्वमाता का जो यह अवतार होने वाला है, इसका एक आधार है—समता। और दूसरा आधार है—एकता। अब हम बिलगाव के,...
- अगले दिनों सतयुग की वापसी के लिए नए सिरे से नया प्रयत्न क्यों न होना चाहिए?...? खोज के लिए प्रयोगशाला चाहिए, साधन और उपकरण भी।...
- अगले वर्ष तीन सौ टन हो जाएगा क्यों?...? क्योंकि वो खदान जो है चारों से खींचती रहती है और जमा करती रहती है। ठीक यही बात है। देवताओं की कृपा क...
- अगस्त ऋषि में शक्ति कहाँ से आ गई थी?...? ये अगस्त ऋषि की शक्ति तपश्चर्या की शक्ति है। तपश्चर्या अगर आदमी कोई न करे, तब शक्तिमान हो जायेगा? नह...
- अगस्त्य ऋषि में शक्ति कहाँ से आ गई थी?...? ये अगस्त्य ऋषि की शक्ति तपश्चर्या की शक्ति है। तपश्चर्या आदमी न करे तब? शक्तिवान हो जाएगा? नहीं, तपश...
- अग्नि जो हमारा पुरोहित है, जो हमारा मार्गदर्शक है, वह हमें क्या सिखाता है?...? बोलता तो जरूर नहीं है, बात-चीत भी नहीं करता। लिखना-पढ़ना भी नहीं जानता, लेकिन जिसको हम वास्तविक शिक्...
- अग्नि जो हमारा पुरोहित है, जो हमारा मार्गदर्शक है, वह हमें क्या सिखाता है?...? बोलता तो जरूर नहीं है, बात-चीत भी नहीं करता। लिखना-पढ़ना भी नहीं जानता, लेकिन जिसको हम वास्तविक शिक्ष...
- अग्नि में हाथ डालने पर झुलसने से कैसे बचा जाए?...? इन दिनों अगणित संकटों और झंझटों का सामना करना पड़ रहा है। उनका निमित्त कारण अपना भटकाव ही है, जिसे क...
- अग्नि हमें और क्या शिक्षा देती है?...? यही शिक्षा देती है कि जो कोई भी चीज अपने भीतर डाली जाए, वह गरम रहनी चाहिए और उसे अपने समान बना लेना ...
- अग्निकाण्ड हो जाए, छप्पर जलने लगे किसी का तब?...? तब आप उसको आपत्तिकाल कहेंगे। अपना जो व्यक्तिगत काम है, उसको ऐसे समय बन्द कर दीजिये। अग्नि को बुझाने ...
- अग्निहोत्र क्या नसीहत देता है?...? यह नसीहत देता है कि जब तक आग जिन्दा रहती है, तब तक गरम रहती है, हमारे जीवन में भी गरमी बनी रहनी चाहिए...
- अग्निहोत्र भी नसीहत देता है?...? यह नसीहत देता है कि जब तक अग्नि जिन्दा रहती है, तब तक गरम रहती है, हमारे जीवन में भी गरमी बनी रहनी चा...
- अग्रिम पंक्ति में खड़ा कौन हो?...? आवश्यक क्षमता और सम्पदा कौन जुटाए? निश्चय ही यह नियोजन असाधारण एवं अभूतपूर्व है। इसे बिना मनस्वी साथ...
- अचानक, एक कुली आया और बोला, ‘‘आपको रिजर्वेशन चाहिए?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘हाँ’’ और बिना कुछ पूछे उसे टिकट और पच्चास रुपये दिये। वह टिकट और पैसा लेकर चला गया। ...
- अचेतन मन की जाग्रत अवस्था पेट में आने से लेकर पाँच वर्ष तक की है और चेतन मन?...? चेतन मन का विकास पाँच वर्ष से लेकर शुरू होता है और वह जीवन के अन्तिम समय तक चला जाता है।...
- अच्छा कितने एक्सरे हुए?...? कोई नहीं हुआ। कितने इंजेक्शन लगे? एक भी नहीं लगा। वे नाराज हुए और कहने लगे कि आप लोग क्या करते रहे...
- अच्छा किया, लेकिन अब वह मर गया, तो हम क्या कर सकते हैं?...? जिन्दा हो गया, तो क्या हमारे हाथ की बात है? बीमार के लिए जो भी काम आप कर सकते हैं, फर्ज समझकर कीजि...
- अच्छा तू पकड़ लायेगा?...? हाँ महाराज जी! मेरे पास ऐसी विद्या आ गयी है, ऐसे जादू आ गये हैं कि मैं उससे सारे देवी- देवताओं को ...
- अच्छा तो आप ब्राह्मण हैं?...? बेटे, मैं नहीं कह सकता, क्योंकि ब्राह्मण होने के नाम पर यदि तू मेरी पूजा करता हो तो मत कर। अगर तून...
- अच्छा देखो, यह भी कह रहा है कि हमको मालूम था कि ऐसा हो रहा है और हम खाँसते रहे, पर हम कर क्या सकते थे?...? सुनकर हम भी चुपचाप पड़े रहे। देखो, यह भी बड़ा मक्कार है। इस बुड्ढे को भी पकड़कर ले चलो। बुड्ढे को गाल...
- अच्छा भाई तुम्हारा नम्बर कौन सा है?...? दस है। देख लो, एक आदमी जिन्दा हो गया न। हाँ साहब! हो गया। इतना कहकर वह आदमी सब सामान लेकर चला गया। ...
- अच्छा अच्छा तो तेरी छोटी मामी ने क्या खिलाया?...? छोटी मामी ने साहब, अच्छा खिला दिया। ठीक है। उसने सोचा—ये तो ऐसे ही टाल रहा हूँ, दूसरे मामा के यहाँ च...
- अच्छा अब आप यह बताइए कि आपने किसी के व्याख्यान सुने हैं कि नहीं?...? हाँ साहब! हजारों व्याख्यान सुने हैं। व्याख्यान सुनाने वालों के प्रति आपका कोई मोह इकट्ठा हुआ कि नहीं...
- अच्छा आध्यात्मिक दृष्टि से रुका हुआ पड़ा था, तो ऋषियों की आध्यात्मिक तरक्की कैसे हो गई?...? ऋषियों के पास तो मकान भी नहीं थे, घर भी नहीं थे, व्यापार भी नहीं थे, नौकरी भी नहीं थी, साधन भी नहीं ...
- अच्छा आप अँगूठी पहनेंगे और शनि देवता को क्या मिलेगा?...? चार आने। तेल में उनकी झाँकी देख लीजिए। बेटे! यही तेल शनि देवता को दे आ, ताकि शनि देवता अपनी मालिश तो...
- अच्छा आप पक्की बात कहते हैं?...? हाँ बिल्कुल पक्की बात कहते हैं।
बस गोस्वामी तुलसीदास जी गए और उस कोढ़ी को पकड़ लिया। अरे भाई! छोड़।...
- अच्छा आप भगवान को फुसलाकर क्या करेंगे?...? अपना उल्लू सीधा करेंगे। उल्लू सीधा करना किसे कहते हैं? जो हमारी उचित और अनुचित माँगों को पूरा कर दे,...
- अच्छा आप ही बतायें कि आपका क्या ख्याल है?...? बेटे, हमारा ख्याल है कि चन्द्रमा शीतलता का प्रतीक है। हमारा मस्तिष्क जो बार- बार गरम हो जाता है, ह...
- अच्छा इतना बड़ा काम कर सकते हैं?...? हाँ, ऐसे ढेरों आदमी हैं। आपने शीरी-फरहाद का नाम सुना है। फरहाद ने कितने लम्बे पहाड़ को काटकर कितनी लम...
- अच्छा और क्या किया?...? उन्होंने हाथ की मुट्ठी में से लौंग निकाल दी। अच्छा यह तो बड़ा भारी चमत्कार है और पानी में चलना सिखा ...
- अच्छा और क्या चढ़ा देना?...? महादेव जी को प्रसन्न करने के लिए बेल के पत्ते चढ़ा देना। बच्चों के लिए इतना ही काफी है। कितने का सा...
- अच्छा और जब बाजार में जाते हैं, तब?...? तब हम शैतान बन जाते हैं। अच्छा तो आप कितनी तरह के लिबास बना लेते हैं? गुरुजी! आपको तो अभी मालूम ही न...
- अच्छा कितना कमाता है?...? गुरुजी। आपको तो मालूम ही है कि क्या कमाता हूँ। कुल साढ़े छः सौ रुपये मिलते हैं। तुम लोग कितने सदस्य ह...
- अच्छा किया है, पर यह तो बता कि तुमने निराई-गुड़ाई का इंतजाम किया कि नहीं?...? निराई की क्या आवश्यकता है? बेटे! पौधों के पास खर-पतवार उग आएँगे और सारे खाद-पानी को खा जाएँगे। पौधों...
- अच्छा को फल क्या करते हैं?...? टप-टप टपक पड़ते हैं और पेड़ पकड़ लेते हैं। पेड़ उन सबको चिपका लेते हैं। बेटे, ये तेरा ख्याल गलत है कि फल...
- अच्छा क्या आप एक बात बता सकते हैं कि मूर्तियाँ, जो मन्दिरों में स्थापित रहती हैं और जो दुकानों पर रखी रहती हैं, उन दोनों में क्या फरक है?...? जो मूर्तियाँ दुकानों पर रखी रहती हैं और जो मन्दिरों में स्थापित रहती हैं, उन दोनों के शक्ल में को...
- अच्छा क्या-क्या खिलाया बता?...? बड़े मामा ने क्या खिलाया? बड़ी मामी ने क्या खिलाया? अजी, सब खिला दिया। चल अच्छा रहा। उसके पेट में कूद ...
- अच्छा खाना खाने में तेरा मन लगता है?...? हाँ साहब लगता है। खाना बन्द कर दें तब? अरे साहब! चाय का वक्त हो गया है। चुप। खाने का वक्त हो गया? च...
- अच्छा गंगा जी आपकी हैं, तो कितने दाम की हैं?...? बेटे, यह तो लाखों रुपये की हैं, करोड़ों रुपये की हैं। सूरज हमारा, गंगा जी हमारी, हवा हमारी, जंगल हमार...
- अच्छा गणेश जी कौन थे?...? शिव और पार्वती ने जब ब्याह कर लिया था, तो उस विवाह के फलस्वरूप जो बच्चा पैदा हुआ था, उसका नाम था—गणे...
- अच्छा गाँधी जी का दर्शन किया था तो फिर क्या हुआ आपका?...? अरे साहब! चप्पल खो गईं और हमारी जेब कट गई, जब गाँधी का दर्शन करने गए थे। दर्शन करने गए थे या भाड़ मे...
- अच्छा जगा हुआ कौन-कौन था?...? बुड्ढा जगा हुआ था। साहब! आँख हमारी तो खुल गयी थी। हमें मालूम पड़ गया था कि दीवार में खट-खट हो रही ह...
- अच्छा जिन्दा व्यक्तियों की बता दूँगा, बेटे कि उपासना का कल्पवृक्ष कैसे फलदायी हो सकता है?...? मरे हुए व्यक्ति की बात बताता हूँ, जो अपनी जिन्दगी में तो नहीं कमा सके, पर बाद मे मालदार हो गए। मसलन ...
- अच्छा तुमने अपने समाज और विश्व के लिए क्या किया?...? संसार का क्या भला किया? भक्त का कल्याण उसके आत्मिक विकास के रूप में होगा। विकास के दो रूप हैं—(१) श्...
- अच्छा तुमने अपने समाज और विश्व के लिए क्या किया?...? संसार का क्या भला किया? भक्त का कल्याण उसके आत्मिक विकास के रूप में होगा। विकास के दो रूप हैं—(१) श्...
- अच्छा तेरी औरत विधवा हो जाएगी?...? लड़के-लड़कियाँ कहते रहते हैं कि साहब! जो कोई जप करती है, सो विधवा हो जाती है, अतः ब्राह्मण करेगा और ...
- अच्छा तो अब तू ही बता कि एक चम्मच जल से भगवान जी का होठ भी गीला नहीं होगा, फिर आचमन क्या कराता होगा?...? भगवान से मखौल करता है, दिल्लगीबाजी करता है और कहता है कि एक चम्मच जल से भगवान जी को स्नान कराता हूँ।...
- अच्छा तो अबकी बार बेटी के पास जाना और एक बात पूछना, तूने एक के लिए नौकर रखा कि नहीं रखा?...? क्या पूछ करके आना? यह पूछकर के आना कि तूने खाना खाने के लिए नौकर रखा है कि नहीं रखा है? बेटी खाना खा...
- अच्छा तो अबकी बार बेटी के पास जाना और एक बात पूछना, तूने एक के लिए नौकर रखा कि नहीं रखा?...? क्या पूछ करके आना? यह पूछकर आना तूने खाना खाने के लिए नौकर रखा है कि नहीं रखा है? बेटी खाना खाएगी, त...
- अच्छा तो आप आज्ञा चक्र में जिसका ध्यान कराते हैं, वह क्या चीज हो सकती है?...? बेटे! वह ज्ञान है। आध्यात्मिक परिभाषा में प्रकाश हमेशा ज्ञान के अर्थ में आया है। आत्मा में प्रकाश हो...
- अच्छा तो आप आज्ञाचक्र में जिसका ध्यान करते हैं, वह क्या चीज हो सकती है?...? बेटे! वह ज्ञान है। आध्यात्मिक परिभाषा में प्रकाश हमेशा ज्ञान के अथ मैं आता हैं। आत्मा में प्रकाश हो ...
- अच्छा तो आप कितनी तरह के लिबास बना लेते हैं?...? गुरुजी! आपको तो अभी मालूम ही नहीं है। हमने अपने पास बहुत तरह के लिबास, बहुत तरह की पोशाकें बना करके ...
- अच्छा तो आप कितनी तरह के लिबास बना लेते हैं?...? गुरुजी! आपको तो अभी मालूम ही नहीं है। हमने अपने पास बहुत तरह के लिबास, बहुत तरह की पोशाकें बना करके ...
- अच्छा तो आप कितनी देर में पहुँचा देंगे?...? तू कितनी देर में पहुँचना चाहता है। हम तो तुझे पाँच मिनट में पहुँचा देंगे बम्बई। अच्छा पाँच मिनट में ...
- अच्छा तो आप कितनी देर में पहुँचा देंगे?...? तू कितनी देर में पहुँचना चाहता है। हम तो तुझे पाँच मिनट में पहुँचा देंगे बम्बई। अच्छा पाँच मिनट में,...
- अच्छा तो आप चालाकी कर रहे थे?...? बिलकुल, हमारा और कोई मतलब ही नहीं था, नहीं तो हम सेंट क्यों लगाते? हम सुपरलक्स क्यों लगाते? हम तो इस...
- अच्छा तो आप चालाकी कर रहे थे?...? बिलकुल, हमारा और कोई मतलब ही नहीं था, नहीं तो हम सेंट क्यों लगाते? हम सुपरलक्स क्यों लगाते? हम तो इस...
- अच्छा तो आप दो में से एक चुनिए?...? अगर आप व्यायाम के लिए कहेंगे तो हम आहार-विहार ठीक नहीं रखेंगे। अगर आप आहार-विहार के लिए कहेंगे तो व्...
- अच्छा तो आप दो में से एक चुनिए?...? अगर आप व्यायाम के लिए कहेंगे तो हम आहार- विहार ठीक नहीं रखेंगे। अगर आप आहार विहार के लिए कहेंगे तो व...
- अच्छा तो आप ब्राह्मण हैं?...? बेटे, मैं नहीं कह सकता, क्योंकि ब्राह्मण होने के नाम पर यदि तू मेरी पूजा करता हो तो मत कर। अगर तूने ...
- अच्छा तो आप बड़े मालदार हैं?...? हाँ बेटे, हम बड़े मालदार हैं।मित्रो! गंगा जी हमारी हैं। अगर हमारी नहीं होती, तो हम क्यों आकर के यहाँ ...
- अच्छा तो आप यह बताइए कि गणिका जो थी, राम-नाम जप करने के बाद में, राम नाम की दीक्षा लेने के बाद में वेश्यावृत्ति करती रही कि नहीं करती रही?...? नहीं साहब! फिर तो बन्द कर दिया था। नहीं, बताइए, शायद करती रही हो? नहीं साहब! जिस दिन से उसने राम का न...
- अच्छा तो आप यह बताइए कि गणिका जो थी, राम-नाम जप करने के बाद में, राम-नाम की दीक्षा लेने के बाद में वेश्यावृत्ति करती रही कि नहीं करती रही?...? नहीं साहब! फिर तो बन्द कर दिया था। नहीं, बताइए शायद करती रही हो? नहीं साहब! जिस दिन से उसने राम का ना...
- अच्छा तो आप यह सब करते हैं?...? हाँ साहब! हमारा नाम बहुरूपिया है। बहुरूपिया कैसा होता है? बहुरूपिया ऐसा होता है, जो कभी सिपाही बन जा...
- अच्छा तो आप ये बताइए कि जब आपका बच्चा हमारे घर आएगा तो कितनी सम्पत्ति ले करके आएगा?...? वो सम्पत्ति लेकर क्या आएगा, वह तो आपकी सम्पत्ति लेगा। नहीं साहब! हमको ऐसे बच्चे नहीं चाहिए।
वह ...
- अच्छा तो आप लोग इनका सम्मान करते हैं?...? हाँ। तो वे आपका फायदा करते होंगे? हाँ साहब! जो इनका सम्मान करेगा, जो इन पर चावल चढ़ाएगा, फूल-पत्ती चढ़...
- अच्छा तो आप विवेकानन्द की बात कह रहे हैं?...? हाँ विवेकानन्द की बात कहता हूँ।
स्वामी विवेकानन्द का विलक्षण चमत्कार
विवेकानन्द का कोई चमत्कार...
- अच्छा तो आप हनुमान की प्रशंसा करते हैं?...? हनुमान की प्रशंसा मैं क्यों करूँगा? क्या मैं हनुमान जी का कोई कमीशन एजेंट हूँ? तो फिर हनुमान जी की ब...
- अच्छा तो आपका बैंक कहाँ है?...? अरे बेटे! ये ख्वाबों की दुनिया है और जब ख्वाब करने ही हैं तो ऊँचे क्यों न किए जाएँ! ऊँचाई की ओर क्यो...
- अच्छा तो आपका मतलब करेंट से है?...? हाँ साहब! इससे शरीर काँप गया, यही मतलब है आपका? हाँ साहब! ठीक है, मैं समझ गया, क्योंकि आप हर बात को ...
- अच्छा तो आपके घुटने में दरद होता है?...? हाँ साहब! घुटने हमको बहुत तंग करते हैं और चलने नहीं देते। आपने घुटनों से कहा नहीं कि या तो आप हमारा ...
- अच्छा तो आपको फायदा हो सकता है?...? मेरे ख्याल से आपको गंगाजल से कोई फायदा नहीं हो सकता। इससे आपको कोई मुक्ति नहीं मिल सकती, अगर पानी का...
- अच्छा तो आपने हमें लड्डू इसीलिए खिलाया था?...? हाँ साहब! इसीलिए आपको लड्डू खिलाया था कि आपको हमारा हुकुम मानना पड़ेगा और हमारी मर्जी पूरी करनी प...
- अच्छा तो इस गाय का क्या करेगा?...? दूध दुहा करूँगा। कितना दूध निकलेगा? चार किलो दूध निकलेगा। मम्मी तुम भी पीना, पापा तुम भी पीना, हम भी...
- अच्छा तो कपड़ा कहाँ से लाये हैं?...? समाज ने बनाकर दिया है न? नहीं साहब! पैसे देकर लिया है।...
- अच्छा तो कुछ काम लग गया होगा?...? हाँ साहब, आज तो बहुत काम लग गया था, संध्या से जुकाम हो गया था। कल तक तो जुकाम आपका अच्छा हो जाएगा,...
- अच्छा तो कृष्ण भगवान का देखा होगा?...? कृष्ण भगवान को जब मृत्यु हुई थी, तब वे एक भी पच्चीस वर्ष की उम्र के थे। मैं आपसे पूछता हूँ कि एक भी ...
- अच्छा तो कृष्ण भगवान् का देखा होगा?...? कृष्ण भगवान् की जब मृत्यु हुई थी तब वे एक सौ पच्चीस वर्ष की उम्र के थे। मैं आप से पूछता हूँ कि एक सौ...
- अच्छा तो कोई बनिया होगा, कोई पोरवाल होगा, अग्रवाल होगा, खंडेलवाल होगा आप में से कोई?...? नहीं साहब! हम कोई खंडेलवाल नहीं, हममें से कोई अग्रवाल नहीं। तो आप में से कोई पण्डित जी हो सकते है...
- अच्छा तो कोई बनिया होगा, कोई पोरवाल होगा, अग्रवाल होगा, खंडेलवाल होगा आप में से कोई?...? नहीं साहब! हममें से कोई खंडेलवाल नहीं, हममें से कोई अग्रवाल नहीं। तो आप में से कोई पण्डित जी हो सकते ...
- अच्छा तो क्या-क्या पकेगा?...? बेटा, पकेगा सो पकेगा, रहने दे, तू जाने और तेरा काम जाने। हम तो नमक से भी रोटी खाने वालों में से हैं।...
- अच्छा तो खाना कहाँ से आएगा?...? खाना तो समाज से ही आएगा। और पहनने को? वह भी समाज से आएगा। तो जब सब समाज से ही आएगा, तो समाज को क्यों...
- अच्छा तो गायत्री माता ऐसे मिलेंगी?...? बेटे, ऐसे नहीं मिलेंगी। अच्छा महाराज जी! यह कौन सा भूत है? वह भूत बेटे, तेरी जीभ है। तेरी जीभ काबू म...
- अच्छा तो तीसरी आँख काम आती है?...? आपको मालूम नहीं है? बेटे, हमको तो मालूम नहीं है, तू ही बतादे। देखिये महाराज जी! रामायण में लिखा है...
- अच्छा तो फल क्या करते हैं?...? टप टप टपक पड़ते हैं और पेड़ पकड़ लेते हैं। पेड़ उन सबको चिपका लेते हैं। बेटे, ये तेरा ख्याल गलत है क...
- अच्छा तो फिर क्या करूँ?...? हमारे घर चल। हमारे यहाँ मकान है, भैंस दूध देती है, सोने-चाँदी के जेवर पहना देंगे।
जो भी आए उस बे...
- अच्छा तो फिर मोती आपको नहीं मिले?...? हाँ, नहीं मिले। अच्छा तो यह बात बताइए कि आपने क्या-क्या किया? हमने यह किया कि नाव पर बैठे और पानी के...
- अच्छा तो बेटे को भी धूपबत्ती खिला?...? नहीं साहब, अपने बेटों को जलेबी खिलाएगा और भगवान को धूपबत्ती खिलाएगा, बदमाश कहीं का।
मित्रो, क...
- अच्छा तो मान्यता के ऊपर है?...? हाँ बेटे! मान्यता के ऊपर है। जिसके ऊपर हम अपनेपन का टॉर्च डालते हैं, वही चीज अपनी दिखाई पड़ती है। जि...
- अच्छा तो मान्यता के ऊपर है?...? हों बेटे! मान्यता के ऊपर हे। जिसके ऊपर हम अपनेपन का टॉर्च डालते हैं, वही चीज अपनी दिखाई पड़ती है। जिस...
- अच्छा तो मैं चार रोटी की जगह छह रोटियाँ रख दूँ अथवा एक किलो आटे की रोटियाँ थाली में रख दूँ?...? और दान कर दूँ तो तो भी नहीं होगा। क्यों?
क्योंकि इसका जो अर्थ तू समझता है, वह दृश्य का समझता ...
- अच्छा तो मैं चार रोटी की जगह छह रोटियाँ रख दूँ अथवा एक किलो आटे की रोटियाँ थाली में रख दूँ?...? और दान कर दूँ तो, तो भी नहीं होगा। क्यों?क्योंकि इसका जो अर्थ तू समझता हैं, वह दृश्य को समझता है, कृ...
- अच्छा तो यह आपका बेटा है?...? यह क्या चीज है? बेटे! इस तरह के मोह में मनुष्यों के साथ जो आदमी का इस कदर लगाव है, जिसमें आदमी इंसाफ...
- अच्छा तो यह आपके काबू से बाहर है?...? हाँ, यह हमारे काबू से बाहर है। हम यह नहीं कर सकते। मैं तो भूल गया था, मुझसे गलती हो गयी कि हमें आपसे...
- अच्छा तो यह कमाता तो जरूर होगा?...? मैं जानता हूँ कि बी० ए० पास को ढाई सौ रुपये मिलते होंगे, तो एम० ए० पास को चार सौ रुपये मिलते होंगे। ...
- अच्छा तो यह कमाता तो जरूर होगा?...? मैं जानता हूँ कि बी०ए० पास को ढाई सौ रुपए मिलते होंगे, तो एम०ए० पास को चार सौ रुपए मिलते होंगे। इतना...
- अच्छा तो यह बता कि नैनीताल या देहरादून के स्कूल में बच्चे को माँ-बाप का प्यार मिलता है क्या?...? नहीं साहब! वहाँ तो नहीं मिलता है। तो उसका विकास कैसे होगा, कभी आपने सोचा है क्या? हम तो ५०० रुपये मह...
- अच्छा तो यह बताइए कि नारद जी से राम-नाम की दीक्षा लेने के बाद में क्या वाल्मीकि ने डकैतियाँ डाली थीं?...? नहीं साहब! उसके बाद तो नहीं डाली थीं; क्योंकि उन्होंने देखा कि जिस रास्ते पर चलना है, उसी रास्ते पर ...
- अच्छा तो यह बात बताइए कि आपने क्या-क्या किया?...? हमने यह किया कि नाव पर बैठे और पानी के भीतर नहीं गए। हमने एक छोटी-सी बाल्टी रखी थी और जहाँ कहीं भी म...
- अच्छा तो यह मतलब है आपका?...? आप इसी को सिद्धियाँ कहते हैं। इसी को चमत्कार कहते हैं। वरदान इसी को कहते हैं। आशीर्वाद इसी को कह...
- अच्छा तो ये सब के सब ऊपर से आए होंगे?...? जरूर आए होंगे, लेकिन कुंती के पेट में से पैदा हुए थे। देवता श्रेष्ठ व्यक्तित्व में से बरसते हैं,...
- अच्छा तो रहता है भूत?...? हाँ बेटे, रहता तो है। यह जो विश्व है, इसके ठीक पीछे छाया के तरीके से एक एण्टी यूनीवर्स है। एण्टी य...
- अच्छा तो शरीर किस चीज का बना हुआ होगा, जो आप देखना चाहते हो?...? साहब, शरीर ही है, जो मिट्टी-पानी का बनता है, तो आप मिट्टी-पानी के रामचंद्र जी को देखना चाहते हो? हाँ...
- अच्छा तो शरीर किस चीज का बना हुआ होगा, जो आप देखना चाहते हो?...? साहब, शरीर तो आखिर शरीर ही है, जो मिट्टी-पानी का बनता है, तो आप मिट्टी-पानी के रामचंद्र जी को देखन...
- अच्छा तो श्रीकृष्ण भगवान का लाइये?...? गुरुजी! पूरे बाजार में फोटो देखे, लेकिन बूढ़े कृष्ण का नहीं मिला। कितनी उम्र का मिला? साहब! कोई अठार...
- अच्छा तो हम आपको पहले देवी दिखा दें तो फिर ऐतराज तो नहीं है आपको, नहीं साहब?...? देवी नहीं दिखा सकते हैं, तो आप भले ही देवता दिखा दीजिए। पहले आप दिखा दीजिए कुछ भी।चलिए हम आपको पहले ...
- अच्छा तो हो गया अनुष्ठान, हो गई साधना?...? नहीं बेटे, कुछ नहीं हुआ। यह तो केवल शारीरिक क्रिया हुई है। शरीर की क्रियाओं का जो फल मिलना चाहिए बस ...
- अच्छा दाई का प्रबन्ध करता हूँ और कोई बात?...? हमारे पास चारपाई नहीं है। अच्छा, चारपाई का प्रबन्ध करते हैं। कहने का मतलब मेरा यह है कि उनमें जो स्वय...
- अच्छा दो-चार दिन खा लें फिर देख तेरे पेट की क्या हालत होती है?...? तो क्या वहाँ खीर खाने जाएँगे? उसके लिए यहाँ स्वर्ग होता है, हमें यह स्वर्ग चाहिए जहाँ व्यक्ति हमारा ...
- अच्छा दो-चार दिन खा लें, फिर देख तेरे पेट की क्या हालत होती है?...? तो क्या वहाँ खीर खाने जाएँगे? उसके लिए वहाँ स्वर्ग होता है, हमें यह स्वर्ग चाहिए, जहाँ व्यक्ति हमारा...
- अच्छा पाँच मिनट में आप इतने बड़े योगी हैं?...? तू पहले खड़ा तो हो जा, फिर देख पहुँचता है कि नहीं पाँच मिनट में। अच्छा एक काम कर आँख पर एक पट्टी बाँ...
- अच्छा पाँच मिनट में, आप इतने बड़े योगी हैं?...? तू पहले खड़ा तो हो जा, फिर देख पहुँचता हैं कि नहीं पाँच मिनट में। अच्छा एक काम कर आँख पर एक पट्टी बाँ...
- अच्छा फूल कहाँ से आते हैं?...? फूल रात में तारों से ऊपर से गिरते हैं और पेड़ पर चिपक जाते हैं और ये फल कहाँ से आते हैं? फल, गुरुजी ...
- अच्छा फूल कहाँ से आते हैं?...? फूल रात में तारों से ऊपर से गिरते हैं और पेड़ पर चिपक जाते हैं और ये फल कहाँ से आते हैं? फल, गुरुजी! ...
- अच्छा बता, तूने इन्हें पढ़ा है क्या?...? अरे महाराज जी! पढ़ा-वढ़ा तो क्या, मँगाकर रख लिया है। इससे मेरे घर में बड़ा पुण्य हो जाएगा। नहीं बेटे...
- अच्छा बता, तूने इन्हें पढ़ा है क्या?...? अरे महाराज जी! पढ़ा-वढ़ा तो क्या, मँगाकर रख लिया है। इससे मेरे घर में बड़ा पुण्य हो जाएगा नहीं बेटे...
- अच्छा बताइए आप की नाक कैसी है?...? भौंहें कैसी हैं? पलकें कैसी हैं? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखा...
- अच्छा बताइए आप की नाक कैसी है?...? भौहें कैसी है? पलकें कैसी हैं? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखती, केवल-इधर की चीजें ही दिखाई देती ...
- अच्छा बताइए कि बादलों में पानी किसने पैदा किया?...? नहीं साहब, मनुहार करेंगे, उपहार पाएँगे, साष्टांग दण्डवत करेंगे और उपहार पाएँगे, आशीर्वाद पाएँगे। आपको...
- अच्छा बताइए कि बादलों में पानी किसने पैदा किया?...? नहीं साहब, मनुहार करेंगे, उपहार पाएँगे, साष्टांग दण्डवत करेंगे और उपहार पाएँगे, आशीर्वाद पाएँगे। आपको...
- अच्छा बताइए कि भगवान रामचंद्र जी का ऐसा फोटो क्या किसी ने देखा है, जिसमें उनके दाँत उखड़ गए हों और बाल सफेद हो गए हों?...? आपने देखा है? नहीं साहब! हमने तो नहीं देखा। अच्छा तो कृष्ण भगवान का देखा होगा? कृष्ण भगवान को जब मृत...
- अच्छा बताइए कि भगवान् रामचंद्र जी का ऐसा फोटो क्या किसी ने देखा है, जिसमें उनके दाँत उखड़ गए हों और बाल सफेद हो गए हों?...? आपने देखा है? नहीं साहब! हमने तो नहीं देखा। अच्छा तो कृष्ण भगवान् का देखा होगा? कृष्ण भगवान् की जब म...
- अच्छा बताइए, आपकी नाक कैसी?...? भवें कैसी हैं? पलकें कैसी हैं? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दीखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखाई ...
- अच्छा बताइए, आपने मेरा ज्ञान देखा है?...? नहीं महाराज जी, ज्ञान भी नहीं देखा। ज्ञान आपने देखा नहीं, प्यार देखा नहीं, गरमी देखी नहीं, ठंड देख...
- अच्छा बताइये, हनुमानजी ने क्या साधना की?...? हनुमान जी ने अनुष्ठान किये थे? जप किये थे? तप किये थे? ध्यान-धारणा की थी? सुग्रीव जी ले आये थे, कुछ ...
- अच्छा बताओ कि सफेद बाल अच्छा होता है या काला अच्छा होता है?...? हमारे बाल अच्छे हैं या तुम्हारे बाल अच्छे हैं? काले बाल अच्छे हैं।मित्रो! हमारे बाल सफेद हो गए हैं। ...
- अच्छा बताओ लड़कियों, तुम्हारे लिए दूल्हा ढूँढ़ें तो सफेद वाला ढूँढ़ें या काले वाला?...? हमको सफेद चाहिए, हमको काला नहीं चाहिए। अच्छा बच्चो! तुम बताओ जिसकी शादी नहीं हुई है। तुम्हें सफेद बह...
- अच्छा बम्बई जाने का शॉर्टकट बताइए?...? बम्बई जाने का शॉर्टकट यही है बेटे कि उधर से कोटा से होकर निकल जाए या भोपाल से होकर निकल जाए। कितना क...
- अच्छा बम्बई जाने का शॉर्टकट बताइए?...? बम्बई जाने का शॉर्टकट यही है बेटे कि उधर से कोटा से होकर निकल जाए या भोपाल से होकर निकल जाए। कितना क...
- अच्छा बेटा, हम वायदा करते हैं कि हम तुम्हारी पूरी-पूरी मदद करेंगे, पर तू भी कुछ करेगा?...? माताजी। मैं कुछ नहीं करूँगा।
(क्रमशः अगले अंक में समापन)
वरदान चाहिए किस उद्देश्य के ...
- अच्छा बेटे और किससे माँगना चाहिए?...? सन्त पुरुषों से माँगना चाहिए, दिव्य पुरुषों से माँगना चाहिए, अमुक से माँगना चाहिए। नहीं बेटे ! सन्त पु...
- अच्छा बेटे और किसी माँगना चाहिए?...? सन्त पुरुषों से माँगना चाहिए, दिव्य पुरुषों से माँगना चाहिए, अमुक से माँगना चाहिए। नहीं बेटे। सन्त पुर...
- अच्छा बेटे तू स्कूल जाएगा?...? हाँ साहब, लेकिन पढ़ाई करनी पड़ेगी। गुरुजी ! मुझे यह नहीं पता था। अच्छा तो अब हम बता देते हैं कलम पकड...
- अच्छा बेटे तू स्कूल जाएगा?...? हाँ साहब, लेकिन पढ़ाई करनी पड़ेगी। गुरुजी! मुझे यह नहीं पता था। अच्छा तो अब हम बता देते हैं, कलम पकड़ ...
- अच्छा बेटे, एक पर कितना खरच आता है?...? महाराज जी, किसी की पढ़ाई में ढाई सौ रुपये महीना खरच करता हूँ, किसी में सवा सौ रुपये खरच करता हूँ, कि...
- अच्छा बेटे, तुम्हारी गाय कहाँ है?...? जरा दिखाना तो सही। पिताजी! यह रही गाय। अच्छा तो इसमें से दूध निकाल। अरे! यह तो नकली है, मिट्टी की गा...
- अच्छा बेटे, तू क्या कर रहा था?...? तू चालाकी नहीं कर रहा था। नहीं महाराज जी, भगवान तक पहुँचा दीजिए, मुफ्त में अपनी सिद्धि से पहुँचा दीज...
- अच्छा बेटे, तू क्या कर रहा था?...? तू चालाकी नहीं कर रहा था॥ नहीं महाराज जी, भगवान तक पहुँचा दीजिए, मुफ्त में अपनी सिद्धि से पहुँचा दी...
- अच्छा बेटे, तू क्या कर रहा था?...? तू चालाकी नहीं कर रहा था। नहीं महाराज जी, भगवान तक पहुँचा दीजिए, मुफ्त में अपनी सिद्धि से पहुँचा दीज...
- अच्छा बेटे, तो अब क्या करना चाहिए?...? पिताजी, पंद्रह हजार रुपये का इंतजाम करना चाहिए। अच्छा बेटा, देख अभी करता हूँ। देख तिजोरी में कितने र...
- अच्छा बेटे, तो अब क्या करना चाहिए?...? पिताजी, पंद्रह हजार रुपए का इंतजाम करना चाहिए। अच्छा बेटा, देख अभी करता हूँ। देख तिजोरी में कितने रु...
- अच्छा भगवान की भक्ति कैसे करनी चाहिए?...? बताइए स्वामी ब्रह्मानंद जी? आप गणेश जी की मूर्ति ले आइए, हनुमान जी, शंकर जी को ले आइए और उनकी आरती उ...
- अच्छा भगवान थे, तो मैं पूछता हूँ कि भगवान से भगवान की लड़ाइयाँ क्यों हुईं?...? एक भगवान को यह पता क्यों नहीं था कि ये भी भगवान हैं? परशुराम जी को यह पता होता कि हम भी भगवान हैं ...
- अच्छा यह आपका सूरज है?...? हाँ, यह हमारा सूरज है। नहीं साहब! यह आपका नहीं है। अच्छा, तो तू सूरज के पास जा और पूछकर आ कि गुरुजी ...
- अच्छा यह बता कि दोपहर की रोटी खाता है, तो कितने चावल में तेरा पेट भर जाता है?...? महाराज जी! मैं तो जब एक बार पत्नी परोसती है, तब ले लेता हूँ और दूसरी बार फिर ले लेता हूँ। अच्छा, तो...
- अच्छा यह है काली का मंत्र?...? हाँ बेटे! मंत्र तो ठीक है, लेकिन भगवान की भक्ति अलग है।
भक्ति का मर्म
भगवान की भक्ति...
- अच्छा यही मान लें कि शरीर का संशोधन तो आप कर ही लेंगे, तो उसमें शरीर का ही तो लाभ होगा न, शरीर का ही तो परिष्कार होगा न?...? जीभ तो अलग है न। शरीर मिलने वाला होगा, तो मिट्टी में ही तो मिलेगा न। शरीर को कभी मिलना पड़ा, तो वह भ...
- अच्छा ये कौन-सा है?...? ख। ये कौन-सा है? ङ। ये कौन-सा है? क। ये कौन-सा है? घ। पास हो गई, जाओ। अच्छा, सवा रुपया निकाल ले। सवा...
- अच्छा ये देवी जी जीभ क्यों निकालती हैं?...? ये तो काट खाएँगी। अरे साहब! ये तो बकरा खाएँगी। धत् तेरे की! अगर ये बकरा काटने वाली हैं, तो जो हमारे ...
- अच्छा ये देवी जी जीभ क्यों निकालती हैं?...? ये तो काट खाएँगी। अरे साहब! ये तो बकरा खाएँगी। धत् तेरे की! अगर ये बकरा काटने वाली हैं, तो हमारे पड़...
- अच्छा ये माता जी की नहीं हैं तो फिर हम आपसे ये पूछते हैं कि लड़कियाँ जब विदा होती हैं तो ऐसे क्यों रोती हैं?...? फूट-फूटकर, बिलख-बिलखकर ऐसे रोती हैं, जैसे सास के घर जाने में लड़की रोती है। उससे भी ज्यादा दुखी होकर...
- अच्छा ये माता जी की नहीं हैं तो फिर हम आपसे ये पूछते हैं?...? लड़कियाँ जब विदा होती हैं तो ऐसे क्यों रोती हैं रोई फूट फूटकर, बिलख बिलखकर ऐसे रोती हैं, जैसे सास के ...
- अच्छा ला, कहाँ है कोट?...? तेल में डूबा हुआ, मैल में डूबा हुआ, मिट्टी में डूबा हुआ—सारा का सारा मैला पड़ा है। बेटे! यह नहीं रँग...
- अच्छा ला, कहाँ है कोट?...? तेल में डूबा हुआ, मैल में डूबा हुआ, मिट्टी में डूबा हुआ, सारा का सारा मैला पड़ा हे। बेटे! यह नहीं रंग...
- अच्छा समाज बनाने के लिए गुण्डागर्दी तथा अन्य दूसरी बुराइयों के विरुद्ध कैसे खड़े होना चाहिए?...? यह शिक्षण करना हमारा और आपका काम है। गुण्डागर्दी पुलिस से नहीं रुक सकती। इसे जब कभी रोकेंगे तो हम और...
- अच्छा समाज बनाने के लिए गुण्डागर्दी तथा अन्य दूसरी बुराइयों के विरुद्ध कैसे खड़े होना चाहिए?...? यह शिक्षण करना हमारा और आपका काम है।गुण्डागर्दी पुलिस से नहीं रुक सकती। इसे जब कभी रोकेंगे तो हम और ...
- अच्छा साहब यह बताइए कि शहद की मक्खियाँ जो शहद इकट्ठा करती हैं वह शहद कहाँ से आता है?...? फूल के भीतर से आता है। चलिए हम आपको फूल देते हैं, आप इसमें से शहद निकाल दीजिए, आप नहीं निकाल सकते तो...
- अच्छा सोने की लंका लाओ?...? काल कहता था कि अच्छा थोड़ी-सी मोहलत दीजिए, अभी आपको सोने की लंका बना दूँगा। एक रात में ही सब बना दिय...
- अच्छा होता है?...? अरे साहब! सुरा पीना बहुत खराब होता है। सुरा बहुत वाहियात होती है। सुरा बहुत बीमारी पैदा करती है। जब ...
- अच्छा, तो फिर आपने उसका क्या किया?...? ध्यान रखना, किसी के कुछ लेने के बाद में आपको पश्चाताप करना पड़ेगा। मित्रो! हम किसी का तप लेकर चले...
- अच्छा, अगर आपकी सास आपको इतना पैसा दे दे तब?...? तब भी हमें कोई ऐतराज नहीं है। हाँ साहब! आपको क्या ऐतराज होना चाहिए। आम्रपाली ने बुद्ध भगवान् को कितन...
- अच्छा, अगर गधा आपको मार दे, तो आप भी गधे को लात मारेंगे कि नहीं?...? अरे साहब! गधे को हम लात क्यों मारेंगे। कोई देखेगा तो कहेगा कि आप गधे को लात मारते हैं।मित्रो! पागल, ...
- अच्छा, अगस्त्य ऋषि को आप जानते हैं?...? अगस्त्य ऋषि ने तीन चुल्लू में समुद्र का पानी पी लिया था। अगस्त्य ऋषि में शक्ति कहाँ से आ गई थी? ये अ...
- अच्छा, अब उसकी बात सोचिए कि मोह से मुक्ति क्या है?...? बन्धनों से मुक्ति क्या है?बन्धनों से मुक्ति यह है कि जिस तरीके से हमारी विचारणाएँ, भावनाएँ हैं और हमार...
- अच्छा, आदमी कितना वजन उठा सकता है?...? बीस किलो उठा सकता है। नहीं साहब! चालीस किलो उठा सकता है। नहीं साहब! हमने एक पल्लेदार को अपनी पीठ पर ...
- अच्छा, आदमी कितना वजन उठा सकता है?...? बीस किलो उठा सकता है। नहीं साहब! चालीस किलो उठा सकता है। नहीं साहब! हमने एक पल्लेदार को अपनी पीठ पर ...
- अच्छा, आप भजन करते हैं तो यही बता दीजिए कि
भजन किसे कहते हैं?...? पहले हम यहीं से शुरू करते हैं। आपने भजन के साथ खिलवाड़ की है। कई बार मुझे बहुत गुस्सा आता है। अरे सा...
- अच्छा, आप सारा काम इसी से करते हैं?...? हाँ, भजन हमने इसी से किया है, अनुष्ठान इसी से किया है, जप-तप हमने इसी से किए हैं। आपके सामने व्याख्य...
- अच्छा, आपकी मनोकामनाएँ क्या हैं और क्यों हैं?...? इसलिए न कि सन्तान नहीं होती है। तो क्या हर्ज है? मान लिया दुःख है। बेटे! कोई दुःख नहीं है, केवल अज्ञा...
- अच्छा, आपने जो माँ खरीदी थी, जिसने आपको नौ महीने पेट में रखा था और जिसने दूध पिलाया था, कितने पैसे में खरीदा था?...? बीबी, जो आपके पास है और सारी जिन्दगी जो आपकी सेवा करती है, कितने पैसे में खरीदकर लाये? जिस जमीन प...
- अच्छा, इसमें माँस तो नहीं है?...? हाँ पण्डित जी! माँस तो है ही। थूक तो नहीं है? हाँ है। तो इस जीभ को काट दे और फिर प्लास्टिक की जीभ लगा...
- अच्छा, इसमें माँस तो नहीं है?...? हाँ पण्डित जी! माँस तो है ही। थूक तो नहीं है? हाँ है। तो इस जीभ को काट दे और फिर प्लास्टिक की जीभ लगा...
- अच्छा, उसको जब हम मिट्टी में बो देते हैं तो कितने रूप में पैदा होता है?...? वह सैकड़ों दानों के रूप में पैदा हो जाता है। मक्के और बाजरे की बालों के रूप में, भुट्टे के रूप में, ...
- अच्छा, एक घण्टे में कितना नहाया जाता है?...? एक घण्टे में सौ आदमी नहा लेंगे। अरे जरा नहाए-धोये छुट्टी हो गई।
नहीं, साहब! जहाँ बैठे हैं, वहीं को...
- अच्छा, एकाध दाँत उखड़ा होगा या नहीं?...? हाँ साहब! जरूर उखड़ा होगा। अच्छा, कृष्ण भगवान् का एक फोटो हमको दिखाइए। बताइए यह फोटो बुढ़ापे का है य...
- अच्छा, एकाध दाँत उखड़ा होगा या नहीं?...? ? हाँ साहब! जरूर उखड़ा होगा। अच्छा, कृष्ण भगवान का एक फोटो हमको दिखाइए। बताइए यह फोटो बुढ़ापे का है ...
- अच्छा, ऐसी बात है?...? हाँ साहब! इंदिरा गाँधी को नेपाल में किसी बाबाजी ने रुद्राक्ष की माला दी थी तो वे प्रधानमंत्री हो गईं...
- अच्छा, ऐसी बात है?...? हाँ साहब! इंदिरा गाँधी को नेपाल में किसी बाबाजी ने रुद्राक्ष की माला दी थी तो वह प्रधानमंत्री हो गईं...
- अच्छा, और क्या करते हैं?...? मरघट की भस्म शरीर पर लगाते हैं। अच्छा, और क्या करते हैं? गले में मुण्डों की माला पहना करते हैं। गु...
- अच्छा, और क्या देखते हैं?...? बेटे! जीभ देखते हैं, आँखें देखते हैं। ऐसे ही हम आपको देखकर के बता सकते हैं कि आपके भीतर कितना भगवान ...
- अच्छा, औरत की इतनी हिम्मत हो गई है?...? औरत कभी नहीं माँग सकती। नर में जरा-सी ताकत है, जो सारे दिन जद्दोजहद करता है, तो क्या इस बात के लिए ज...
- अच्छा, कोई साधना नहीं की थी तो कहाँ से आती थी शक्ति?...? बेटे! रामकृष्ण परमहंस और विवेकानन्द के बीच एक ऐसा समझौता हो गया था कि आप एक काम करें और हम एक काम करे...
- अच्छा, टट्टी कितनी बार जाते हैं?...? दो बार जाते हैं। ठीक है, जब आप दोनों कार्य दो-दो बार करते हैं तो भगवान का नाम भी दो बार लिया...
- अच्छा, तू बेल का पत्ता लायेगा?...? पूड़ी, कचौड़ी, लड्डू, रोटी, दाल, चावल आदि कुछ नहीं? नहीं महाराज जी! यह सब तो होटल में बनते हैं और ...
- अच्छा, तू हमें सुखा देगी?...? हाँ, सुखा दूँगी; क्योंकि हमने संकल्प किया है कि अपने अण्डे लेकर रहूँगी।मित्रो! आदमी का संकल्प, प्रा...
- अच्छा, तेरा बाप?...? गुरुजी! हमारा बाप साठ वर्ष तक जिया और वह भी लक्ष्मी जी को पूजता था। और तेरे बाप का बाप? महाराज जी!...
- अच्छा, तो आप पैसा देकर के सब चीज लाये हैं?...? अच्छा, आपने जो माँ खरीदी थी, जिसने आपको नौ महीने पेट में रखा था और जिसने दूध पिलाया था, कितने पैसे...
- अच्छा, तो रुपया आया तेरे पास?...? नहीं महाराज जी! हम तो गरीब के गरीब ही रहे, कंगाल ही बने रहे। लक्ष्मी जी हमारे पास नहीं आयीं। अच्छा...
- अच्छा, तो अपना पति मान लूँ?...? हाँ, मान ले। मीरा ने उन्हें अपना पति मान लिया। किसको? गिरधर गोपाल को। मीरा ने गिरधर गोपाल को अपन...
- अच्छा, तो आप दबाव डालकर काम कराना चाहते हैं?...? हाँ, हम खाना नहीं खायेंगे, तो भगवान की नाक में दम हो जायेगी और भगवान की बड़ी निन्दा और बदनामी हो जा...
- अच्छा, तो आपको पड़ोस की लड़की से प्यार है?...? हाँ साहब! पड़ोस की लड़की से प्यार है। तो आप ऐसा किया कीजिए कि उसके पास पढ़ने-लिखने की कॉपी-किताब का इ...
- अच्छा, तो कितने आदमी जाओगे?...? अरे! वो लड़का जाएगा, लड़के की माँ तो जाएगी ही, लड़के का बाप जाएगा और लड़के का भाई तो जाएगा ही। तो हजार र...
- अच्छा, तो कितने चावल ले लेता है?...? महाराज जी! तीन छटाँक चावल तो मैं दोपहर को खा जाता हूँ और शाम को? तीन छटाँक शाम को भी खा जाता हूँ। त...
- अच्छा, तो कितने में करेगी?...? बारह आने में? अच्छा साहब! तो बारह आने में तय हो गया। ९ के बारह आने के हिसाब से पैसे दिये और खूँटी पर...
- अच्छा, तो तू उसको नहीं निकाल सकता है, पर यह बता दे कि जो रामनाम के गान करेगा, गायत्री मंत्र बोलेगा, वह किससे बोलेगा?...? साहब! जीभ से बोलूँगा। जीभ किसकी है? चमड़े की है। अच्छा, इसमें माँस तो नहीं है? हाँ पण्डित जी! माँस तो ...
- अच्छा, तो तू यह बता कि पूजा की कोठरी में माँस तो नहीं ले जाता?...? नहीं महाराज जी, पूजा की कोठरी में माँस तो नहीं ले जाता। और हड्डी? हड्डी भी नहीं ले जाता। मुँह से जब ...
- अच्छा, तो यह लक्ष्मी थी?...? हाँ थी। मैंने वह शंख उसे दे दिया।
साल भर बाद राजा साहब फिर आए। मैंने कहा—क्यों भाई! तुम कह र...
- अच्छा, तो यह लक्ष्मी थी?...? हों थी। मैंने वह शंख उसे दे दिया।साल भर बाद राजा साहब फिर आए। मैंने कहा-क्यों भाई! तुम कह रहे थे कि ...
- अच्छा, तो लक्ष्मी आ जाएगी?...? फिर तो देख लेंगे। फिर मैंने कहा कि एक शंख तो मेरे पास भी रखा हुआ है, इसे ले जाओ। यह असली दक्षिणावर्त...
- अच्छा, तो वह मालदार रहा होगा?...? नहीं, वह भी मालदार नहीं था। बेटे, तीन पीढ़ियों से लक्ष्मी जी को पूजते चले आ रहे हो। डेढ़ सौ वर्ष बीत...
- अच्छा, तो वह यह माँगता है?...? अच्छा, हमारा भाई ही क्यों न हो? हम इसके यहाँ नहीं जाएँगे।
हमारा पिता है, तो हमें इस पिता की बात नही...
- अच्छा, तो वहीं जाना पड़ेगा?...? हाँ-हाँ, कलकत्ते के मारवाड़ी हैं और मुण्डन कराने कहाँ जाएँगे? हम मुण्डन कराने जाएँगे जैसलमेर। कितना क...
- अच्छा, तो हम आपके कलेवर से काम चला लें?...? नहीं, केवल कलेवर से काम नहीं चलेगा। हमारे भीतर एक और चीज काम करती है, जो जीवन्त है, जीवन्त; जो दिखाई...
- अच्छा, तो हमारा प्यार देखा है?...? महाराज जी! प्यार तो आपका नहीं देखा। हाँ, आपके चेहरे की स्मित, मुस्कान देखी है। मित्रो! हम प्यार की...
- अच्छा, देवता को पकड़ने का तरीका क्या है?...? देवता को पकड़ने का तरीका बहुत सरल है और सबका कठिन है। क्यों साहब! हम तुमको पकड़ना चाहें तब? क्या पकड़ना...
- अच्छा, दो सौ रुपये का प्रमोशन हो जाय, तो तू मेरा कितने घण्टे काम करेगा?...? महाराज जी! घण्टे, आधा घण्टे सप्ताह में एक काम कर दूँगा। तब तो बड़ा मँहगा पड़ेगा। दो सौ रुपये का नौकर र...
- अच्छा, पहले बताइए कि पत्ते कहाँ से आते हैं?...? पत्ते, साहब ! हवा में से भागते हुए आ जाते हैं और डाली से चिपक जाते हैं। अच्छा फूल कहाँ से आते हैं? फ...
- अच्छा, पहले बताइए कि पत्ते कहाँ से आते हैं?...? पत्ते, साहब, हवा में से भागते हुए आ जाते हैं और डाली से चिपक जाते हैं। अच्छा फूल कहाँ से आते हैं? फू...
- अच्छा, पहले यह बता कि भंडारे में क्या होगा?...? नहीं साहब! भंडारे में बाबा जी आएँगे
और गाँजा पिएँगे। उखाड़ बाल इन बाबा जी के। ये कौन हैं? धूर्त हैं...
- अच्छा, पहले यह बता कि भण्डारे में क्या होगा?...? नहीं साहब! भण्डारे में बाबा जी आएँगे और गाँजा पिएँगे। उखाड़ बाल इस बाबा जी के। ये कौन हैं? धूर्त हैं,...
- अच्छा, पैसे की वजह से कौन-कौन काम रुका हुआ पड़ा है आध्यात्मिक दृष्टि से?...? अच्छा आध्यात्मिक दृष्टि से रुका हुआ पड़ा था, तो ऋषियों की आध्यात्मिक तरक्की कैसे हो गई? ऋषियों के पास...
- अच्छा, फिर तू क्या देगा?...? महाराज जी मैं क्या दूँगा? नहीं बेटे, तप यों नहीं देंगे। हम तो ईमानदारों की साझेदारी करेंगे, बेईमानों...
- अच्छा, बता कि तीन साल का हमारा तप कितने दाम का हुआ?...? अरे महाराज जी! आपका क्या है, आप तो ऐसे ही फालतू बैठे रहते हैं। नहीं बेटे! हम फालतू नहीं हैं। हम कम स...
- अच्छा, बता बेटा, तूने भावना के साथ कब किया?...? एक दिन भी तो नहीं किया। तूने जबान की नोंक से उच्चारण किया। परन्तु जबान की नोंक से उच्चारण करने प...
- अच्छा, बताइये कितना यम देंगे?...? महाराज जी! मैं तो रुपये में चार आने भगवान जी को दूँगा ओर बारह आने अपने लिए बचा कर रखूँगा। अच्छा ...
- अच्छा, बड़ी खराब है?...? हाँ साहब। हमारी वृत्तियाँ ही हैं हमारी शत्रु अक्सर मैं एक किस्सा सुनाया करता हूँ। विक्टोरिया को जब प...
- अच्छा, मुँह दिखा कि मिट्टी खाई है कि नहीं खाई?...? भगवान ने अपना मुँह फाड़ा। मुँह फाड़ने पर यशोदा ने क्या देखा? भगवान का असली स्वरूप देखा। सारा विश्वब्रह...
- अच्छा, ये फूल भी बाहर से आते हैं और पत्ते भी बाहर से आते हैं?...? हाँ साहब। नहीं बेटे, तेरा यह ख्याल गलत है। तो गुरुजी ! आप ही बताइए कि सही बात क्या है? बेटे, पेड़ की...
- अच्छा, ये फूल भी बाहर से आते हैं और पत्ते भी बाहर से आते हैं?...? हाँ साहब। नहीं बेटे, तेरा यह ख्याल गलत है। तो गुरुजी! आप ही बताइए कि सही बात क्या है? बेटे, पेड़ की ज...
- अच्छा, हम आपको इस तरीके से तो नहीं बता सकते, पर यों बता सकते हैं-आपने किसी मरने वाले को देखा है?...? हों साहब! देखा है। मरने वाले की आँखें खुली रहती हैं। हाथ चलते रहते हैं, लेकिन क्या बन्द रहता है? आदमी...
- अच्छा, हम आपको इस तरीके से तो नहीं बता सकते, पर यों बता सकते हैं—आपने किसी मरने वाले को देखा है?...? हाँ साहब! देखा है। मरने वाले की आँखें खुली रहती हैं। हाथ चलते रहते हैं, लेकिन क्या बन्द रहता है? आदमी...
- अच्छा, हमारा भाई ही क्यों न हो?...? हम इसके यहाँ नहीं जाएँगे।
हमारा पिता है, तो हमें इस पिता की बात नहीं माननी है, किसी की भी नहीं मानन...
- अच्छी नौकरी की इच्छा भी सभी को रहती है, लेकिन क्या इनकी अपेक्षा भी बेहतरीन काम किया जा सकता है?...? क्या मनुष्य का जीवन बेहतरीन कामों के लिए नहीं मिला है? एक छोटा सा विद्यार्थी जिसके माँ-बाप दोनों मर ...
- अच्छी परिस्थितियाँ नहीं आयेंगी?...? बेटे, अच्छी परिस्थितियाँ तो राम को भी नहीं मिली। कृष्ण को भी नहीं मिली। नहीं साहब! हमारा जीवन तो च...
- अच्छी सन्तान की जिनको इच्छा है, उनको मात्र यही विचार नहीं करना चाहिए कि बच्चों को हम पढ़ाएँगे कहाँ?...? बच्चों को हम पढ़ाएँगे क्या? बच्चों के लिए हम करेंगे क्या? वरन् यह भी सोचना चाहिए कि बच्चों को हम क्य...
- अच्छे इंसान की जिन्दगी जीना हमको कहाँ आता है?...? अगर हमको यह आता होता तो शंकर जी के भस्म धारण करने वाली बात हमारी समझ में आ गयी होती। हमारा यह दिमा...
- अच्छे और प्रेरणादायक चित्र ध्यानपूर्वक देखने से अपना इतना प्रभाव उत्पन्न करते हैं तो निम्नकोटि के चित्र अपना प्रभाव छोड़ने से क्यों चूकते होंगे?...? पत्र-पत्रिकाओं और सार्वजनिक स्थानों में विज्ञापन चित्र लगाए जाते हैं। अधिकांश चित्रों में विज्ञापित ...
- अच्छे काम के लिए कोई खर्च नहीं है क्या?...? आप फिजूलखर्च जरा भी मत कीजिए और जो कुछ भी आपके पास धन है, उसको लगा दीजिए अच्छे कामों में।हमारा उदाहर...
- अच्छे कार्य के लिए आगे बढ़ें तो क्या कोई रोकेगा अथवा रोक सकता है?...? बिलकुल नहीं रोक सकता, यह तो कहने की बात है। उस कविता में उन्होंने कहा—
जाके प्रिय न राम-वैदेही।
...
- अच्छे कार्य के लिए आगे बढ़ें तो क्या कोई रोकेगा अथवा रोक सकता है?...? बिल्कुल नहीं रोक सकता, यह तो कहने की बात है। उस चौपाई में उन्होंने कहा—
जाके प्रिय न राम वैदेही।...
- अच्छे घरों में पैदा हुए बच्चों को क्या हो गया है?...? ये खराब आदत के बच्चे कहाँ से आ गए? जब हम गहराई से देखते हैं तो पाते हैं कि यह दो महायुद्धों की वजह स...
- अच्छे घोड़े तो बहुत दाम के आते हैं और बेटा कितने दाम का आता है?...? गुरुजी! बेटा तो पच्चीस हजार का, चालीस हजार का आता होगा। नब्बे हजार का आता होगा, तो बेटे! दे, निकाल र...
- अच्छे लोग भी हैं?...? हाँ साहब! हैं। दुनिया अच्छे विचारों से, अच्छे लोगों से और अच्छी क्रियाओं से खाली नहीं है। प्राणायाम ...
- अच्छे लोग भी हैं?...? हों साहब! हैं। दुनिया अच्छे विचारों से, अच्छे लोगों से और अच्छी क्रियाओं से खाली नहीं है। प्राणायाम ...
- अच्छे विचार भी हैं?...? हाँ साहब! हैं। अच्छे लोग भी हैं? हाँ साहब! हैं। दुनिया अच्छे विचारों से, अच्छे लोगों से और अच्छी क्र...
- अच्छे विचार भी हैं?...? हाँ साहब! हैं। अच्छे लोग भी हैं? हों साहब! हैं। दुनिया अच्छे विचारों से, अच्छे लोगों से और अच्छी क्र...
- अछूत हूँ तो क्या है?...? क्या मैं सेवा नहीं कर सकती? बस, शबरी के मन में आया हाँ, मनुष्य की सेवा करना भगवान की सेवा करना ह...
- अज किसे कहते हैं?...? आदमी की निष्ठुरता को कहते हैं। गो किसे कहते हैं? गो इद्रिय विकारों को कहते हैं।...
- अजी क्या बताएँ?...? कल जो हमने सिनेमा देखा, रात भर हमारे मन में यह ख्याल आता रहा कि हेमामालिनी से अगर हमारी शादी हो जाती...
- अजी तुम मालदार हो तो क्या?...? हमारा बाप गरीब थोड़े ही है। जब कहेगी, तब अपने बाप की प्रशंसा की बात कहेगी। कहाँ? ससुराल में ज...
- अज्ञातवास के दिनों जिस-जिस की नौकरी करके छिपते छिपाते दिन क्यों गुजारते रहे?...? इन शंकाओं का कोई बुद्धि संगत समाधान मिलता नहीं।टिटहरी द्वारा समुद्र पाटने का प्रयत्न अगस्त ऋषि की सह...
- अज्ञातवास के दिनों जिस-तिस की नौकरी करके क्यों समय गुजारते?...? शत्रुओं से वे तब क्यों न निपट लेते? यह भगवान की इच्छा में अपनी इच्छा मिलाने का ही प्रतिफल है, कि उपर...
- अज्ञानग्रस्त आँखें यदि उसे न देख सके तो उस क्षेत्र के लिए अन्य किसी प्राणी के शरीर में प्रवेश करके उसकी आँखों से यह परखा जा सकता है कि उसकी और मनुष्य की स्थिति में जमीन आसमान जैसा कितना बड़ा अन्तर है?...? यह अन्तर न तो अकारण है और न पक्षपात युक्त। ईश्वर ने मनुष्य को प्राणि जगत में सबसे अधिक सज्जन और जिम्...
- अठारह घण्टे हो गये न?...? अठारह घण्टे से ज्यादा आप भौतिक जीवन के लिए खर्च मत कीजिए। छह घण्टे नियमित रूप से आप आध्यात्मिक उन्नत...
- अठारह पुराणों के भाष्य हमने किए?...? नहीं बेटे! हमने नहीं किए। हमारी अकल नहीं है, वह तो कराने वाला कोई और है, जो यह सब कराता रहता है...
- अठारह पुराणों के?...? हाँ किए हैं। उपनिषदों के, दर्शनों के? हाँ किए हैं। २५०० किताबें भी लिखी हैं? हाँ बेटे! लिखी हैं तो क...
- अठारह पुराणों के?...? हों किए हैं। उपनिषदों के, दर्शनों के? हाँ किए हैं। अपने वजन से अधिक किताबें भी लिखी है? ही बेटे! लिख...
- अणु उपकरणों के बदले क्या प्रकृति ही सर्वनाश, महाप्रलय सामने लाकर खड़ी कर सकती है?...? यह सब सोचने की मानो किसी को फुरसत ही नहीं हैं। मनुष्य का मनुष्य के प्रति व्यवहार निराशाजनक स्तर तक न...
- अत: क्या करना पड़ेगा?...? आपको भगवान को खरीदने के लिए अपने आप को सौंपना पड़ेगा। तब भगवान हमारी मनोकामना पूरी करें, ऐसा आप नहीं...
- अत: जो व्यक्तिगत हो गया, उसमें वह सुख कहाँ है, वह शान्ति कहाँ है?...? उसमें वह उपलब्धि कहाँ है? आध्यात्मिक उपलब्धि उससे नहीं हो सकती।
शंकर और पार्वती रास्ते में जा रहे...
- अत: मैं आपको साकार की बात बताऊँगा कि कैसे भगवान लीलाएँ करने आते हैं?...? व्यक्ति आता है। आप भगवान की कथाएँ तो सुनते हैं, पर गहरे में क्यों नहीं जाते? भगवान की सारी की सारी ल...
- अत: वह हँस पर क्या बैठेगी?...? हँस की आफत आएगी। फिर क्या है हँस? हँस बेटे! वह व्यक्ति है जिसकी दृष्टि ऋतम्भरा प्रज्ञा के अनुकूल है।...
- अत: हमको यज्ञोपवीत और शिखा का समाधान करना पड़ेगा कि इनकी प्रेरणाएँ क्या हैं?...? शिक्षाएँ क्या है? प्रकाश क्या है? बुद्धिजीवी जनता उमड़ती और घुमड़ती चली आ रही है। हर बात में क्यों और...
- अतः अगर आपने इतना मान लिया है कि आपको गुजारे तक ही सीमित रहना है, गुजारा ही आपके लिए सन्तोषजनक है, फिर आपके पास फालतू बचेगा ही नहीं; फिर आप फालतू कमाएँगे ही नहीं; फिर बेईमानी का सवाल कहाँ रहा?...? फिर पापों का सवाल कहाँ रहा? धृष्टता सवाल कहाँ रहा? इतना करने के बाद में एक और बड़प्पन की बात हो जाती ...
- अतः आप ही बतलाइए कि आपके गुरु किस प्रकार से ऐसी सहायता करते हैं?...? मित्रो, इस सन्दर्भ में कइयों ने विश्लेषण करके कहा है कि गुरुजी वह आपकी श्रद्धा का चमत्कार मालूम पड़ता ...
- अतः आपको इन बातों को समझाना पड़ेगा, बताना पड़ेगा हमको संन्यास की महत्ता बतानी पड़ेगी, समझानी पड़ेगी कि व्यक्ति संन्यासी क्यों होता है?...? और क्यों होना चाहिए? संन्यासी को क्या करना चाहिए और वह क्या-क्या करता है?...
- अतः जेवर के लिए वह दहेज माँगता है, तो क्या बुरा करता है?...? दहेज को बन्द करने की यदि बात करनी चाहिए, तो जेवर को बन्द करने की बात भी करनी चाहिए। अतः आप ब्याह-शाद...
- अतः दानी और उदार बनने से पहले यह विचार करना चाहिए कि जो हम दे रहे है वह सार्थक हो रहा है क्या?...? गम्भीरता पूर्वक विचार के बाद अधिक सम्भावना इसी निष्कर्ष पर पहुँचने की होगी कि निरर्थक ही नहीं अनर्थक...
- अतः पौष्टिक अन्न खरीदिए और यह जाँच कर लीजिए कि गेहूँ, ज्वार, चना, बाजरा इत्यादि में कुछ लगा हुआ तो नहीं है?...? वे सड़े, घुने और बास वाले तो नहीं हैं? आटा या तो स्वयं घर पर हाथ की चक्की से तैयार कीजिए अथवा कराइए। ...
- अतः मन में उद्वेग की सृष्टि क्यों करते हैं?...? इस प्रलोभन से बचिए। प्रत्येक नारी को पवित्र मातृ दृष्टि से देखिये। जब आप किसी पाप के विचार तथा अशुभ ...
- अतः वह तो डूबेगा ही, हम क्या करें?...? कहते हैं कि बेटे आगे मत जाओ, गहरा पानी है और वह आगे बढ़ता ही जा रहा है, तो वह डूबेगा ही, हम क्या कर ...
- अतः वह हँस पर क्या बैठेगी?...? हँस की आफत आयेगी। फिर क्या है हँस? हँस बेटे! वह व्यक्ति है जिसकी दृष्टि ऋतम्भरा-प्रज्ञा के अनुकूल है...
- अतः हमको यज्ञोपवीत और शिखा का समाधान करना पड़ेगा कि इनकी प्रेरणाएँ क्या हैं?...? शिक्षाएँ क्या हैं? आखिर क्या है इनमें? तो और ये बुद्धिजीवी जनता उमड़ती और घुमड़ती क्यों चली आ रही है?...
- अतएव परमेश्वर के लिए यह उचित था कि मनुष्य को अपना सबसे बड़ा बुद्धिमान और सबसे जिम्मेदार बेटा समझकर उसे कर्म करने की स्वतंत्रता प्रदान करे और यह देखे कि वह मनुष्यता का उत्तरदायित्व सम्भाल सकने में समर्थ है या नहीं?...? परीक्षा के बिना वास्तविकता का पता भी कैसे चलता और उसे अपनी इस सर्वश्रेष्ठ रचना मनुष्य में कितने श्रम...
- अतएव हमारा यह सोचना उचित ही है कि जो महान उत्तरदायित्व हमारे कन्धों पर है, उसका भार-वहन करने की जिम्मेदारी किन के कन्धों पर डालें?...? जो मशाल हमारे हाथ में थमाई गई है, उसे किन हाथों में सौंप दें? उस दृष्टि से हमें अपने उत्तराधिकारियों...
- अति कठिन कार्य सामने यह है कि संसार भर के मानव समुदाय पर छाई हुई विचार विकृति का परिशोधन किस प्रकार किया जाय?...? यह कार्य लेखनी, वाणी एवं प्रचार माध्यमों से भी एक सीमा तक ही हो सकता है, सो भी बड़ी मन्दगति से, जबकि...
- अतिथि घर में कैसे आते हैं?...? पैसे की देख-भाल कैसे रखी जाती है? घर और सामान की व्यवस्था को किस तरीके से रखा जाना चाहिए—वगैरह-वगैरह...
- अतिथि घर में कैसे आते हैं?...? पैसे की देखभाल कैसे रखी जाती है? घर और सामान की सुव्यवस्था को किस तरीके से रखा जाना चाहिए? - वगैरह, ...
- अतिरिक्त बुद्धिमत्ता का तात्पर्य यह तो नहीं हो सकता कि इसके सहारे संसार की सुव्यवस्था को बर्बाद करके रख दें?...? अनीति बरतने के लिए उसे स्वेच्छाचार का लाइसेंस मिला हुआ नहीं है।...
- अतीन्द्रिय क्षमता क्या होती है?...? दूरदर्शन की क्षमता—दूर देखने की क्षमता, दूर श्रवण की क्षमता। हमारे अन्दर टेलीविजन लगे हुए हैं, वायरले...
- अतीन्द्रिय क्षमता क्या होती हैं?...? दूरदर्शन की क्षमता-दूर देखने की क्षमता, दूरश्रवण की क्षमता। हमारे अन्दर टेलीविजन लगे हुए हैं, वायरलैस...
- अथर्ववेद के गवाह से अच्छा कोई और गवाह चाहिए क्या?...? नहीं, बेटे! इससे अच्छा गवाह नहीं मिलता। इसमें यह बताया गया है कि सात लाभ जो इसके भीतर हैं, इन सात ला...
- अथर्ववेद के गवाह से अच्छा कोई और गवाह चाहिए क्या?...? नहीं, बेटे इससे अच्छा गवाह नहीं मिलता।...
- अथवा आपको टाइम टेबिल कैसे बताएँगे कि कौन सी रेलगाड़ी कहाँ से कहाँ तक जाएगी?...? और आपको किस गाड़ी से या बस से जाना चाहिए। मैप-नक्शा हमारे पास है नहीं, टाइम टेबिल है नहीं, फिर इसके ब...
- अथवा आपको टाइम-टेबिल कैसे बताएँगे कि कौन सी रेलगाड़ी कहाँ से कहाँ तक जाएगी?...? और आपको किस गाड़ी से या बस से जाना चाहिए। मैप—नक्शा हमारे पास है नहीं, टाइम टेबिल है नहीं, फिर इसके ...
- अथवा उसका नाम?...? उसका नाम ‘दैत्य’ है।देव और दैत्य—दो थे प्राचीनकाल में और आज भी हैं। आकृति का फर्क और प्रकृति का फर्क...
- अथवा एक शहर का मेयर आपको बना दिया जाय, तो आप क्या करेंगे?...? जिन गुणों की, जिस समझदारी की आवश्यकता है, उसका अभ्यास करने के लिए आपको अपने छोटे से कुटुम्ब में उन स...
- अथवा वह इससे आगे भी कुछ है?...? इन प्रश्नों के सही उत्तर प्राप्त करने के लिए स्ट्रोम वर्ग ने तत्कालीन विज्ञान की दार्शनिक विवेचना कर...
- अदृश्य को कैसे देखा जाय?...? अप्रत्यक्ष को कैसे पकड़ा जाय? सूक्ष्मदर्शी विवेक का माइक्रोस्कोप ही इन विषाणुओं का अता-पता बता सकता ह...
- अधःपतित क्यों हो जाता है?...? भगवान बुद्ध ने एक तो घटना दिखाई और एक उदाहरण दिया। उन्होंने घटना ये दिखाई कि अपने कमण्डलु को पानी मे...
- अधार्मिक होने के पक्ष में यह दलील काफी है कि हम भ्रान्त धारणाओं में क्यों उलझें?...? पर साथ ही यह भुला दिया जाता है कि धारणा रहित मनःस्थिति भ्रान्तियों में उलझने से भी अधिक बुरी है। मर्...
- अधिक उत्साही बच्चे कोई प्रोत्साहन न मिलने पर भी अपनी ओर से परामर्श दे बैठते हैं, पर उन्हें यह कहकर घुड़क दिया जाता है कि तुम क्या जानते हो?...? बच्चों को अल्पबुद्धि समझकर उनकी उपेक्षा कभी न की जानी चाहिए और न ही उन्हें इस तरह की हीनता बोधक बातो...
- अधिक से अधिक कितनी देर लोगों से बात कर सकते हैं?...? लोगों से हम छह घण्टे से ज्यादा बात नहीं कर सकते। हमने लोगों से मिलने के लिए छह घण्टे निर्धारित कर रखा ...
- अधिकांश समय हमें एकान्त में रहना पड़ा, मौन में रहे और क्या-क्या किया?...? उन सब बातों को बताने की आवश्यकता नहीं है। इसके लिए आपको जनवरी की ‘अखण्ड-ज्योति’ पढ़नी चाहिए। जनवरी की...
- अधिकार आदमी आपत्तियों में रोते और खीझते हुए देखे जाते हैं तो वे आगे कैसे बढ़ेंगे?...? जब आपत्तियाँ ही रास्ता रोके खड़ी है, कठिनाइयाँ ही पग- पग पर हैरान कर रही हैं, तो आगे वाली बात कैसे ब...
- अधूरा प्रयत्न कहाँ सफल हो सकता है?...? भजन से ज्यादा जरूरी साधना
मित्रो! मेरा समाधान हो गया। उस समय के बाद मैं धर्मग्रन्थों को त...
- अध्यात्म का अमृत अगर हमारे भीतर आ जाए तो फिर हम क्या होते?...? तो फिर हम अजर-अमर हो सकते हैं। फिर हमको कोई मार नहीं सकता। कोई नहीं मार सकता? नहीं कोई नहीं मार सकता...
- अध्यात्म का अर्थ क्या है?...? अध्यात्म का अर्थ है कि आपके कुटुम्ब के जो आदमी हैं, उनमें से प्रत्येक को अच्छे गुणों की शिक्षा देन...
- अध्यात्म का शिक्षण कैसे किया जा सकता है?...? अध्यात्म की गतिविधियों को आगे कैसे बढ़ाया जा सकता है? अध्यात्म बेटे, यह वाणी का विषय नहीं है। वाणी क...
- अध्यात्म का शिक्षण कैसे किया जा सकता है?...? अध्यात्म की गतिविधियों को आगे कैसे बढ़ाया जा सकता है? अध्यात्म बेटे वह वाणी का विषय नहीं है। वाणी का...
- अध्यात्म किस तरह से जिन्दा रखा जा सकता है?...? अध्यात्म का शिक्षण कैसे किया जा सकता है? अध्यात्म की गतिविधियों को आगे कैसे बढ़ाया जा सकता है? अध्या...
- अध्यात्म किस तरह से जिन्दा रखा जा सकता है?...? अध्यात्म का शिक्षण कैसे किया जा सकता है? अध्यात्म की गतिविधियों को आगे कैसे बढ़ाया जा सकता है? अध्या...
- अध्यात्म किसे कहते हैं?...? अध्यात्म कहते हैं, साइंस आफ सोल को, सोल की साइंस को। सोल का हम डेवलपमेंट कैसे कर सकते हैं? सोल को पर...
- अध्यात्म किसे कहते हैं?...? बेटा मैं यही कह रहा था। उपासना किसे कहते हैं? मैं यही बता रहा था। अगर आप इतना समझ जाएँ तो ये शिविर ह...
- अध्यात्म की गतिविधियों को आगे कैसे बढ़ाया जा सकता है?...? अध्यात्म बेटे, यह वाणी का विषय नहीं है। वाणी का विषय रहा होता तो अब तक बहुत से एक-से-एक बढ़िया पण्डित...
- अध्यात्म की गतिविधियों को आगे कैसे बढ़ाया जा सकता है?...? अध्यात्म बेटे वह वाणी का विषय नहीं है। वाणी का विषय रहा होता तो अब तक बहुत से एक से एक बढ़िया पण्डित,...
- अध्यात्म की परिभाषा क्या है?...? आप जानते हैं? अन्तर्मुखी जीवन को अध्यात्म कहते हैं। आप तो इसे समझते ही नहीं हैं कि अन्तर के जीवन क...
- अध्यात्म के नाम पर अज्ञान?...? अध्यात्म तो अज्ञान के निवारण करने के लिये बनाया गया था। ये क्या आफत आ गई, ये क्या हो गया? उलटा अज्ञा...
- अध्यात्म कैसा होता है?...? अध्यात्म को जीवन में अप्लाइड कैसे करते हैं? अपने विकृत जीवन में संयम के रूप में हम अप्लाइ करते हैं। ...
- अध्यात्म कैसा होता है?...? अध्यात्म को जीवन में अप्लाइ कैसे करते हैं? अपने विकृत जीवन में संयम के रूप में हम अप्लाइ करते है। सम...
- अध्यात्म कैसे हो सकता है?...? अध्यात्म वह हो सकता है, जिसमें आदमी को साधना की ओर अग्रसर होना पड़ता है। इसके बारे में मैं आपको गौर क...
- अध्यात्म को आप क्या समझते हैं?...? आप तो ऐसी वाहियात बातें समझते हैं, जिन्हें जानकर गुस्सा आता है। आप क्या समझते हैं? आप तो यह समझते है...
- अध्यात्म को जीवन में अप्लाइ कैसे करते हैं?...? अपने विकृत जीवन में संयम के रूप में हम अप्लाइ करते है। समाज में हम जिम्मेदारी, वफादारी और ईमानदारी क...
- अध्यात्म को जीवन में अप्लाइड कैसे करते हैं?...? अपने विकृत जीवन में संयम के रूप में हम अप्लाइ करते हैं। समाज में हम जिम्मेदारी, वफादारी और ईमानदारी ...
- अध्यात्म को ही भजन कहते हैं क्या?...? चल हट। भजन तो इसका कलेवर है। भजन तो इसकी लाश है। भजन इसका लिफाफा है। लिफाफे के अन्दर क्या हुआ कि स्व...
- अध्यात्म क्या है?...? अध्यात्म ये है कि भगवान् की मर्जी के मुताबिक़ हमको ढलने के लिये कोशिश करनी चाहिए। हमको अपने आपकी पात...
- अध्यात्म क्या है?...? सारे के सारे उपनिषदों के व्याख्यान आप याद कर लें, तो भी इससे कोई फायदा आपको नहीं होने वाला है।...
- अध्यात्म क्या है?...? जीवन का शीर्षासन है। तू क्या की इसे बाजीगरी समझता है कि यह कर लूँगा, वह कर लूँगा। इसमें ऐसा कुछ नहीं...
- अध्यात्म क्या है?...? जीवन का शीर्षासन है। तू क्या इसे बाजीगरी समझता है कि यह कर लूँगा, वह कर लूँगा। इसमें ऐसा कुछ नहीं है...
- अध्यात्म क्या हो सकता है?...? अध्यात्म केवल वह है, जो हमारे क्रियाकलाप में शामिल हो। यह बात हमने शुरू में ही बताई है। अध्यात्म क...
- अध्यात्म क्या हो सकता है?...? अध्यात्म एक जादूगरी का नाम है। जादूगरी किसे कहते हैं? मिट्टी हाथ में रखते हैं और जादू करते हैं और ...
- अध्यात्म क्रिया से प्रारम्भ किस तरह से होता है?...? जिस तरह हमारी पढ़ाई-लिखाई पट्टी, कलम और दवात से प्रारम्भ होती है, पर वहीं खतम नहीं हो सकती। लीजिए साह...
- अध्यात्म क्षेत्र में फरमाइश करने वाले ये कौन हैं?...? बिलकुल बच्चे हैं, बालक हैं। इनको इसी बात की फिक्र पड़ी रहती है कि हमको दीजिए, हमको दीजिए। इसलिए ये ...
- अध्यात्म क्षेत्र में फरमाइश करने वाले ये कौन हैं?...? बिलकुल बच्चे हैं, बालक हैं। इनको इसी बात की फिक्र पड़ी रहती है कि हमको दीजिए हमको दीजिए। इसलिए ये बाल...
- अध्यात्म मार्ग में प्रवेश करने वाले प्रत्येक व्यक्ति के लिए पहला वाला जो पाठ पढ़ाया जाता है, पहली वाली जो शिक्षा दी जाती है, वह यह नहीं दी जाती कि कौन सा बीजमंत्र लगाऊँ?...? माला किस चीज की लूँ? बेटे! माला किसी भी लकड़ी की ले ले। बेटे! यह पाठ पहला नहीं है। यह ग्यारहवाँ है। ...
- अध्यात्म मार्ग में प्रवेश करने वाले प्रत्येक व्यक्ति के लिए पहला वाला जो पाठ पढ़ाया जाता है, पहली वाली जो शिक्षा दी जाती है, वह यह नहीं दी जाती कि कौन सा बीजमंत्र लगाऊँ?...? माला किस चीज की लूँ? बेटे! माला किसी भी लकड़ी की ले ले। बेटे! यह पाठ पहला नहीं है। यह ग्यारहवाँ है। म...
- अध्यात्म में कौन सा मित्र है और कौन सा दुश्मन है?...? आत्मैव ह्यात्मनो बन्धुरात्मैव रिपुरात्मनः अर्थात आप ही अपने बैरी हैं और आपने ही अपने पैरों पर कुल्हा...
- अध्यात्म में कौन-सा मित्र है और कौन-सा दुश्मन है?...? आत्मैव ह्यात्मनो बन्धुरात्मैव रिपुरात्मन: अर्थात् आप ही अपने बैरी हैं और आपने ही अपने पैरों पर कुल्ह...
- अध्यात्म में चमत्कार नहीं है?...? नहीं बेटे, कोई चमत्कार नहीं है। अगर चमत्कार है तो वह है जहाँ आदमी बादशाह बन सकता है। गाँधी जी ने ढ...
- अध्यात्म से भौतिक लाभ मिल सकते हैं?...? हाँ बेटे! भौतिक लाभ इससे मिल सकते हैं। इससे हम सिद्धियाँ प्राप्त कर सकते हैं। सोने से कपड़ा खरीद सकते...
- अध्यात्म है—"साइंस ऑफ सोल?...? " 'सोल' की साइंस है—अध्यात्म। 'सोल' किसकी? जीवात्मा की। जीवात्मा की साइंस होती है? एक फिजिक्स साइंस ...
- अध्यात्मबल कहाँ से आता है?...? बेटे! बनने से आता है, ढलने से आता है। बनने से क्या मतलब है? बनने से हमारा मतलब है—हमारे चिन्तन का तरी...
- अध्यात्मबल क्या है?...? अध्यात्मबल कहाँ से आता है? बेटे! बनने से आता है, ढलने से आता है। बनने से क्या मतलब है? बनने से हमारा...
- अध्यात्मवादी को क्या करना चाहिए?...? हमारे पास अगर कुछ तप है, कुछ पुण्य है और हमने जप किया है, हमने कुछ अनुष्ठान किया है, अगर हमारे पास...
- अध्यात्मवादी वह है जो यह समझता है कि हमें प्राप्त चीजों को कहाँ खरच करना है, किस प्रकार खरच करना है?...? यह गायत्री मंत्र की विशेषता है, जिसके आधार पर हमारे मंत्र सफल होते चले गए तथा हम भी प्रगति की ओर बढ़त...
- अध्यात्मवादी वह है जो यह समझता है कि हमें प्राप्त चीजों को कहाँ खर्च करना है, किस प्रकार खर्च करना है?...? यह गायत्री मंत्र की विशेषता है, जिसके आधार पर हमारे मंत्र सफल होते चले गये तथा हम भी प्रगति की ओर बढ़...
- अध्यापकों को यह देखना है कि पढ़ाये पाठ को छात्र ठीक तरह हृदयंगम कर सके या नहीं?...? इसके लिए हर पाठ के साथ दस प्रश्न जोड़े गये हैं। उन्हें छात्रों से पूछने पर पता चल जाता है कि शिक्षण क...
- अध्यापन हो तो क्या?...? मजदूरी हो तो क्या? कोई भी काम क्यों न हो, अगर मनुष्य ऊँचे दृष्टिकोण से करे, अच्छे दृष्टिकोण से करे, ...
- अनाचार-अत्याचार रह जाएगा, गुण्डागर्दी रह जाएगी, कैसे रह सकती है?...? लेकिन बेटे! अब क्या कहें? बस, यहीं रहने दे।
इनको सन्त कहेंगे? नहीं, बेटे! सन्त कहने में लज्जा आती ...
- अनाज का पुण्य करने से क्या हो जाएगा?...? कुछ भी नहीं हो जाएगा। तो कैसे हो जाएगा? बेटे! उसका एक ही आधार है, और दूसरा कोई नहीं है और उसका नाम ह...
- अनाज का पुण्य करने से क्या हो जाएगा?...? कुछ भी नहीं हो जाएगा। कैसे हो जाएगा? बेटे! उसका एक ही आधार है, और दूसरा कोई भी नहीं है और उसका नाम ह...
- अनावश्यक वस्तुएँ न खाएँगे, तो कौन-सी हर्ज की बात है?...? आवश्यक वस्तुओं को एक महीने रहकर खाएँगे, यह तो बहुत अच्छी बात है।...
- अनीति का सहगामी या सहयोगी बनने से साफ इनकार कर दे, फिर भले ही इसके बदले आततायियों का कितना रोष, आक्रमण, आतंक सहन करना पड़े?...? ऐसी मन:स्थिति को परिपक्व करने के लिए ही तपश्चर्या नाम से जान पड़ने वाले अनेक कर्मकाण्डों की गणना होत...
- अनीति के विरुद्ध आप नहीं उठेंगे तो कौन उठेगा?...? हम आपको उठाने के लिए कहते हैं तो किस-किस तरह हमें उठाना पड़ेगा, अनेकों हमारे समाज में विकृतियाँ हैं,...
- अनुग्रह कैसा होता हैं?...? 'कहते हैं कि देवता ऊपर से फूल बरसाते हैं। हमारे ऊपर हमेशा फूल बरसते रहते हैं। जिसे हम प्रोत्साहन, सा...
- अनुग्रह दुनिया में में खत्म हो चला?...? नहीं बेटे ! खत्म होने की बात नहीं कहता, पर मैं यह कहता हूँ कि सिद्धान्त और इसके आधार पर कोई बड़ी लम्बी...
- अनुग्रह दुनिया में से खत्म हो चला?...? नहीं बेटे! खत्म होने की बात नहीं कहता, पर मैं यह कहता हूँ कि सिद्धान्त और इसके आधार पर कोई बड़ी लम्बी ...
- अनुचित से लड़ कैसे सकेगा?...? इसलिए युग परिवर्तन के महान् अभियान का नेतृत्व कर सकने की आवश्यकता शर्त यह है कि इस क्षेत्र में कोई य...
- अनुदान किसे कहते हैं?...? मित्रो! आदमी का भाग्य एवं आदमी की मेहनत के अलावा जो चीज मिल जाती है, उसका नाम है—‘अनुदान’। अगर आदमी ...
- अनुदान क्या है?...? यह महत्त्वपूर्ण चीज है। काँग्रेस के अन्दर जवाहर लाल नेहरू को एक ऐसे व्यक्ति की आवश्यकता थी, जो कर्तव...
- अनुदान क्या-क्या दिए, यह तो मैं नहीं कह सकता, परन्तु इस दुनिया से जाने के बाद हमारे जीवन का लिफाफा, जो बन्द है, वह जब खोला जाएगा, तो पता चलेगा कि हम कौन थे तथा हमने इस दुनिया के लिए, संसार के लिए, संस्कृति के लिए क्या-क्या किया?...? हमें विश्वास है कि आप यहाँ से जाएँगे तथा हमारा प्रसाद लेकर जाएँगे, तो वह आपके अपने जीवन में काम आए...
- अनुदान जिस उद्देश्य के लिए दिया गया था, आपने उसी उद्देश्य में उपयोग किया या नहीं किया?...? अगर आपने उसमें नहीं किया है तो मैं समझती हूँ कि वह निरर्थक चला गया और यदि लोक−मंगल में लगाया है तो म...
- अनुदान वह पुरुषार्थी थे?...? योग्यता थी? कुछ भी नहीं था; परन्तु अनुदान के जरिये महान हो गए।यह ऐय्याशी के लिए, मौज-मस्ती के लिए नह...
- अनुपयुक्त आहार करते रहने पर भी कोई किस प्रकार अपने स्वास्थ्य को अक्षुण्ण रख सकेगा?...? इस तथ्य को समझने में कोई बड़ी कठिनाई नहीं होनी चाहिए। फिर भी स्पष्ट है कि आहार के सम्बन्ध में वह ढर्र...
- अनुभव कहाँ से आता है?...? अनुभव जनसम्पर्क से आता है और भिन्न-भिन्न परिस्थितियों के तालमेल से आता है। आपने भिन्न प्रकार की परिस्...
- अनुभव किसे कहते हैं?...? अनुभव बेटे, जनसम्पर्क को कहते हैं। जिस आदमी के पास जनसम्पर्क नहीं है, जो आदमी लोगों से मिलता-जुलता नही...
- अनुभव की दुहाई देने वाले अनगढ़ उपचारकों का तो कहना ही क्या?...? सरकारी अस्पताल, प्राइवेट क्लीनिक, दवाखाने, अन्य उद्योगों की तुलना में अधिक तेजी से खुल रहे हैं। साथ ...
- अनुभवहीन पढ़े-लिखे हों तो क्या और बिना पढ़े हों तो क्या?...? वे पग-पग पर ठोकर खाते हैं। व्यावहारिक जीवन में उनकी सफलताएँ सन्दिग्ध रहती हैं।
स्त्रियों के ऊ...
- अनुशासन में व्यतिरेक तो नहीं हुआ?...? अपने कृत्यों को दूसरे से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आप पर सवार तो नहीं हो गयी?यह विराट्...
- अनुशासन में व्यतिरेक तो नहीं हुआ?...? अपने कृत्यों को दूसरों से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आप पर सवार तो नहीं हो गयी?
यह विरा...
- अनुशासन में व्यतिरेक तो नहीं हुआ?...? अपने कृत्यों को दूसरे से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आप पर सवार तो नहीं हो गयी? यह विराट् ...
- अनुशासन में व्यतिरेक तो नहीं हुआ?...? अपने कृत्यों को दूसरे से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आप पर सवार तो नहीं हो गयी?यह विराट् य...
- अनुशासित जीवन अगर आप न जिएँ तब?...?...
- अनुष्ठान करना नहीं आता तो क्या?...? शबरी तेरी भक्ति, तेरे सिद्धान्त और तेरे उद्देश्य ऐसे हैं जो कि एक भक्त के मन में होने चाहिए। इसीलिए...
- अनुष्ठान कितना करते थे?...? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकिन इतना मुझे मालूम है कि कबीर अपना पेट पालने के लिए भिक्षा माँगने के बज...
- अनुष्ठान कितना करते थे?...? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकिन इतना मुझे मालूम है कि कबीर अपना पेट पालने के लिए भिक्षा माँगने के बज...
- अनुष्ठान कौन हैं?...? ये हमारे छोटे बच्चे हैं। इनको कपड़ा चाहिए, इनको अनाज चाहिए। इनको दूध चाहिए, इनको पानी चाहिए। अगर इन अ...
- अनेक आकार-प्रकार और गुण-स्वभाव का उसे कैसे देखा गया?...? मान्यता यदि यथार्थ है तो उसका स्वरूप सार्वभौम होना चाहिए। यदि वह मत-मतान्तरों के कारण अनेक प्रकार क...
- अनेक तरह के देवी-देवता हो सकते हैं?...? नहीं अनेक तरह के नहीं हो सकते। एक देवता हो सकता है और एक देवी हो सकती है। ‘‘एकं सद्विप्रा बहुधा वदन्...
- अनेक तरह के सम्मिश्रण कर देने पर जाँच पड़ताल कैसे हो?...? प्रत्येक प्राणी आहार को उसके असली रूप में ही ग्रहण करता है। जीवन एवं पोषण भी उसी स्थिति में रहता ह...
- अनेकानेक नारियों ने कितना काम किया है?...? आप बहुत कुछ काम कर सकती हैं। आप से हमें बहुत आशा है। बेटे! आप लोगों से भी आशा है कि आप लोग यहाँ से ज...
- अनैतिकता को भगाओ, पाप को भगाओ, परन्तु भगाएगा कौन?...? दुनिया ने पाप को भगाया, पर वही चोर वाली बात सामने है। क्या करना पड़ेगा? हममें से जो भी आदमी इस मार्ग...
- अनैतिकता को भगाओ, पाप को भगाओ, परन्तु भगाएगा कौन?...? दुनिया ने पाप को भगाया, पर वही चोर वाली बात सामने है। क्या करना पड़ेगा? हममें से जो भी आदमी इस मार्ग ...
- अन्तरात्मा किसे कहते हैं?...? अन्तरात्मा कहते हैं—गुण, कर्म और स्वभाव को। इसी विशेषता का नाम परमात्मा है। इसी का ‘सुपर कांशसनेस’ क...
- अन्तर्राष्ट्रीय समस्याओं का क्या किस्सा है?...? अरे साहब! बड़ी तंगी होने वाली है और लड़ाई होने वाली है। कैसी लड़ाई होने वाली है? इसलिए होने वाली है क...
- अन्तिम निर्णय किससे कराता?...? आत्मा और परमात्मा दो को ही साक्षी बनाकर और उनके निर्णय को ही अन्तिम मानने का फैसला किया। इस सन्दर्भ ...
- अन्धकार के समय क्या होता है?...? चोर, उचक्के, उल्लू, साँप, बिच्छू, चमगादड़ चलते हैं। सब कुछ रात के समय होता है। झाड़ियाँ रात में डरावनी...
- अन्न के ऊपर इन सब बातों का प्रभाव पड़ता है कि वह किन लोगों के हाथ का बनाया हुआ है, किन लोगों के हाथ का पकाया हुआ है?...? यह किस वातावरण में बनाया गया है? इन सब बातों का अगर ध्यान नहीं रखेंगे तो आप जैसा अन्न खाएँगे, वैसा ह...
- अन्न के बिना हम मरेंगे?...? हाँ बेटे! अन्न के बिना हम मर जाएँगे, अगर नहीं मिला तो। लेकिन उसके साथ में पानी भी जरूरी है, हवा भी ज...
- अन्न संकट का हल निकल सकता है किन्तु विपत्तियों के मूल आस्था संकट की व्यापकता और भयानकता को देखते हुए उस वृत्तासुर से जूझने का साहस कौन करे?...? इन परिस्थितियों में स्रष्टा का वह आश्वासन ही आशा का केन्द्रबिन्दु हो सकता है, जिसमें उसने विषम वेला ...
- अन्न से पाते हैं, फिर जल से पाते हैं दो, और कहाँ से पाते हैं?...? जो कुछ भी शरीर के भीतर है ये सब मिट्टी का है। मिट्टी की सेवा करना अच्छा तो है, जरूरी भी है, लेकिन वो...
- अन्न ही अन्न बकते चल जाते हैं और हवा की कीमत को नहीं समझते, पानी की कीमत को नहीं समझते?...? अगर आप हवा की कीमत नहीं समझेंगे और यह सोचते रहेंगे कि अन्न से ही हमारा काम चल सकता है, तो यह आपकी सम...
- अन्नमय कोश की साधना कैसे की जा सकती है?...? संयम से। संयम की बाबत मैं कई दिन से आपको बता रहा हूँ। मेहनत की बात बता रहा है। संयम की बात बता रहा ह...
- अन्नमय कोश को आप अपने काबू में ले आ सकें, अपने वश में कर सकें, तो आपको मैंने क्या बताया था?...? मैंने आपको बताया था कि अन्नमय कोश का प्रवेश द्वार है—जिह्वा यानि मुख। इसको अगर आप काबू में ले आवें, ...
- अन्नमय कोश क्या है?...? नाभि के स्थान पर एक ऐसा जखीरा होता है, जिसके द्वारा पूरी बाडी यानि शरीर को कण्ट्रोल कर सकते हैं। हम ...
- अन्य देशों ने तो भारत की परम्परागत संस्कृति इन थोड़े ही दिनों में गँवा दी, पर यह अकेला देश ऐसा है, जिसमें वर्तमान भारत की परिधि से आगे जाकर यह देखा जा सकता है कि प्राचीनकाल में भारत की रीति-नीति का क्या स्वरूप था?...? वहाँ जो देखने को इन दिनों भी मिलता है, उससे यह पता लगता है कि भारत किन मान्यताओं और आदर्शों के कारण ...
- अन्य प्राणियों की आकृति-प्रकृति में अन्तर हो सकता हो तो उनके स्वयं के लिए तथा विश्व व्यवस्था के लिए कितना उपयुक्त होगा?...? उस प्रसंग को छोड़ दे तो भी मानवी प्रगति की जो आकुल-व्याकुल आवश्यकता समझी जा रही है, उसकी पूर्ति में प...
- अन्य प्राणियों को जो सुविधाएँ नहीं मिली, वह मनुष्य को ही क्यों दी गईं?...? इसका एकमात्र उत्तर यही है कि जिस तरह विशेष तरीके से एक खजांची के पास खजाना जमा कर दिया जाता है, मिनि...
- अन्य प्राणियों को पराया समझकर उपेक्षा ही न करें, वरन् उसका माँस खाने तक के लिए उतारू हो चले, तो यह समता कहाँ रही?...? आत्मवत् सर्वभूतेषु का सिद्धान्त कहाँ पला? वसुधैव कुटुम्बकम् की मान्यता कहाँ निभी?
यदि कलह और व...
- अन्य लोगों के पास, महापुरुषों के पास केवल परिश्रम था और क्या बताना?...? कुछ भी नहीं था, शरीर था उनके पास। पैसा था? पैसा भी नहीं था। मकान था? नहीं साहब! मकान भी नहीं था। कोई...
- अन्य लोगों के पास, महापुरुषों के पास केवल परिश्रम था और क्या बताना?...? कुछ भी नहीं था, शरीर था उनके पास। पैसा था? पैसा भी नहीं था। मकान था? नहीं साहब! मकान भी नहीं था। कोई...
- अन्य विशेषताएँ क्यों नहीं दी गयीं?...? भगवान से हमको अकल और बुद्धि क्यों नहीं मिली? बन्दर ने कहा—हमारे लिए स्कूल क्यों नहीं खोले गए? मछलियो...
- अन्यथा औषधि मात्र से अस्वस्थता का स्थायी निराकरण कहाँ सम्भव है?...? कपोत चरक ने बारी-बारी सभी चिकित्सकों के सम्मुख वही प्रश्न दुहराया ‘कोऽरुक’ अर्थात् कौन रोगी होता है?...
- अन्यथा कोई सत्कर्म ही क्यों करता?...? ’’मैं मिशन का काम तो करता था पर आशानुकूल सफलता नहीं मिलती थी, सो मैंने गुरुजी से पूछा, ‘‘गुरुदेव, मै...
- अन्यथा जो बादल पहले पानी बरसाते थे अब क्यों धूलि बरसाएँ और क्यों हर किसी को शिकायत का मौका दें?...? यहाँ समझने योग्य बात एक ही है कि वरिष्ठ व्यक्तित्व ही सामान्यजनों को प्रभावित करते हैं। घटिया लोगों ...
- अन्यथा न संस्कार उभरता है और न ऐसा प्रयास करते बन पड़ता है, जिसके सहारे नव-सृजन के सन्दर्भ में कुछ कहने लायक पराक्रम करते बन पड़े?...? प्रथम कठिनाई यह कूपमण्डूक बनाए रहने वाली स्थिति ही है।...
- अन्यथा मालिक ऐसे धन्धे में पैसा क्यों लगायेगा?...? जिसमें उसे लाभ नहीं दिखता। लेखक का अपना निज का कोई प्रेस नहीं। जो कहीं, जहाँ-तहाँ हैं, वे प्रतिस्पर्...
- अन्यथा वह उमंग कैसे उठती, जिसने इस दैवी मिशन को कहाँ से कहाँ पहुँचा दिया?...? जो इतना समझते हैं, वे इस आश्वासन को भी सुनिश्चित समझें कि समय बदलेगा, नासमझी का स्थान विवेकशीलता लेग...
- अन्यथा संख्यावृद्धि की विडंबना से झूठा मन बहलाव करने से क्या कुछ बनेगा?...? — अखण्ड ज्योति, अक्टूबर १९६६, पृष्ठ ४७४. हमारी साधना की सार्थकता क्या रहेगी?—हमारा परिवार यदि व्यक्...
- अन्यथा हमारे मुहल्ले-पड़ोस में ढेरों मजदूर काम करते हैं, तो किसी की कृपा या अनुग्रह उन पर हुई है क्या?...? हम अपने गुरुदेव के नजदीक हैं। तीन बार उनके पास गये हैं। बाकी चौबीसों घण्टे उन्हीं का हुक्म बजाते है...
- अन्यान्यों की सेवा सहायता की बात सोचने से पहले देखना होगा कि इस अपने ऊपर सर्वथा आश्रित को सुखी समुन्नत बनाने का प्रयत्न हुआ या नहीं?...? उत्तरदायित्व निभाया या नहीं? यहाँ यह भली प्रकार समझ लेना चाहिए-साधन सम्पदा मात्र शरीर यात्रा के काम ...
- अन्याय शामिल है या न्याय भरा है?...? अन्याय से कमाया हुआ धन है, तो उसके सम्बन्ध में अनेक तरह के विचार आते रहते हैं।
महात्मा आनन्द ...
- अपनत्व के अनुपान के बिना भला महत्त्वपूर्ण जीवन विद्या कब गले उतरी है?...? बस फिर क्या था—आ पहुँची परिवर्तन की घड़ियाँ। नौकरी छोड़ दी, कोट-पैंट को तिलांजलि दे डाली, आलीशान फ्ल...
- अपना लक्ष्य कृष्ण को क्यों बना लिया?...? हमको कृष्ण बनना है, इसलिए हमने अपना इष्ट उन्हें बनाया हुआ है। तो फिर ये मनुष्य नहीं होते? बेटे, भग...
- अपना ऋद्धि-सिद्धियों से भरा भण्डार लोग न जाने क्यों नहीं खोजते-खोलते और न जाने क्या कारण है कि घड़े में ऊँट खोजते-फिरते हैं?...? अच्छा होता आत्मविश्वास जगाया गया होता, अपने को परिष्कृत कर लेने भर से हस्तगत हो सकने वाली सम्पदाओं औ...
- अपना काम क्या करेंगे?...? ये जो समस्याएँ आपने अपने दिमाग में पैदा कर ली हैं कि अमुक हमें परेशान करता है, उसे निकाल दें। समस्या...
- अपना घर का काम कौन छोड़ता है?...? आपके अन्दर वो शराफत मालुम पड़ती है, और वो जिन्दगी मालुम पड़ती है, जिससे कि आध्यात्मिकता का परिचय मालुम...
- अपना घर बेचकर अमीरी का स्वाँग रचा सो भी प्रशंसा तक न दिला सका उलटा बदनामी का कारण बना तो फिर उसकी लकीर पीटने से क्या लाभ?...? जो मर गया उसे जला ही देना चाहिए। खर्चीली शादियों की धूम-धाम एक ऐसी मृत प्रायः कुरीति है जिसकी लाश छा...
- अपना चरित्र स्तर कैसा रखना चाहिए?...? व्यवहार में शालीनता का समुचित समावेश किस प्रकार रखना चाहिए? वह सब औचित्य वे भूल जाते हैं। उनींदों से...
- अपना देना तो मानो वज्रपात की तरह असह्य हो?...? ऐसे लोग अपने परिवार में भी हो सकते हैं, पर यह विश्वास किया गया है कि पच्चीस लाख में से एक लाख ऐसे अव...
- अपना नाम कैसे भुला बैठे?...? अपना रास्ता कहाँ भूल गए? अभी न तो यह पता है कि हम कहाँ से आए हैं और कहाँ जा रहे हैं? अपना लक्ष्य भुल...
- अपना नाम, पता, परिचय पत्र, टिकट आदि सब कुछ गँवा देने पर हम असमंजस भरी स्थिति में खड़े हैं कि आखिर हम हैं कौन?...? कहाँ से आए हैं और कहाँ जाना था? स्थिति विचित्र है, इसे न स्वीकार करते बनता है और न अस्वीकार करते। स्...
- अपना नाम, पता, परिचय पत्र, टिकट आदि सब कुछ गँवा देने पर हम असमंजस भरी स्थिति में खड़े हैं कि आखिर हम हैं कौन?...? कहाँ से आए हैं और कहाँ जाना था? स्थिति विचित्र है, इसे न स्वीकार करते बनता है और अस्वीकार करते। स्वी...
- अपना नाम, पता, परिचय-पत्र, टिकट आदि सब कुछ गँवा देने पर हम असमंजस भरी स्थिति में खड़े हैं कि आखिर हम हैं कौन?...? कहाँ से आए हैं और कहाँ जाना था? स्थिति विचित्र है, इसे न स्वीकार करते बनता है और न अस्वीकार करते। स्...
- अपना फायदा, नुकसान, जवानी, खाना-पीना सब कुछ याद है, पर मौत जरा भी याद नहीं है?...? मौत की बात भी अगर याद रही होती तो हमारे काम करने और सोचने के तरीके कुछ अलग तरह के रहे होते। वे ऐसे न...
- अपना रास्ता कहाँ भूल गए?...? अभी न तो यह पता है कि हम कहाँ से आए हैं और कहाँ जा रहे हैं? अपना लक्ष्य भुला बैठे, दिशा भुला बैठे। म...
- अपना वह मुण्ड आपको दिखाई पड़ता है?...? नहीं साहब! हमको तो दिखाई नहीं पड़ता। शीशे में देखकर जिस पर हम क्रीम लगाते हैं, पाउडर लगाते हैं, वह म...
- अपना व्यवहार यदि नहीं बदल सकते, तो समाज के लोगों को आप कैसे बदल सकेंगे?...? समाज के लोगों का स्वभाव कैसे बदल जाएगा? आप अपना व्यवहार इस तरीके से करें, जिससे कि उन लोगों के हमले ...
- अपना सारा जीवन कष्टमय बिताती रहती है और बच्चों को भान भी नहीं होने देती कि कष्ट भी कोई चीज है क्या?...? माँ बड़ी जबरदस्त होती है। गायत्री माँ का तो कहना ही क्या है? साधारण माँ की बात कह रही थी और चेतना को...
- अपना सारा जीवन कष्टमय बिताती रहती है और बच्चों को भान भी नहीं होने देती कि कष्ट भी कोई चीज है क्या?...? माँ बड़ी जबरदस्त होती है। गायत्री माँ का तो कहना ही क्या है? साधारण माँ की बात कह रही थी और चेतना को...
- अपना स्वभाव स्तर और अभ्यास गिरा कर चाहे किसी की भर्त्सना की गई तो अपने लिए ही महँगी पड़ेगी दूसरे लोग गन्दे हैं, इसलिए हम क्यों गन्दे बनें?...? हमें अपना स्तर हर हालत में ऊँचा उठाये रहना चाहिए और जिससे भी-जो कुछ भी कहना हो-उसे कहें तो पर सज्जनत...
- अपना स्वास्थ्य नष्ट होने दुर्बलता, रुग्णता और अधिक बढ़ने, अस्वस्थ सन्तानें जनने, गर्भपात आदि होते रहने, असह्य प्रसव पीड़ा न सह सकने, अकाल मृत्यु को गले न बाँधने जैसे विचार उसके मन में उठते रह सकते हैं, पर वह कह कुछ नहीं सकती, पराधीन की स्वेच्छा क्या?...? उसकी अपनी मर्जी कहाँ? बन्दी को मालिकों की मर्जी पर ही चलना पड़ता है। उसे अपने स्वास्थ्य की बात सोचने ...
- अपनाए गए क्रिया-कलापों में कितनी जनशक्ति की, कितनी धनशक्ति की, कितने साधनों की आवश्यकता पड़ती है और वह सुदामापुरी को द्वारिका पुरी में बदल जाने का कैसे उदाहरण बनती है?...? इस दृश्य को कोई एक प्रकार से सिद्ध स्तर की भी गिन सकता है।अपनी अपेक्षा पिछड़ों, दु:खियारों, आवश्यकता...
- अपनी अन्तःकरण की भावनाएँ, अपना स्नेह किन शब्दों में व्यक्त करें?...? ......’’9-2 को एक परिजन को वे लिखती हैं-
‘‘..... आप बच्चों के अन्तरंग जीवन में घुले-मिले रहने से कित...
- अपनी अकल का उपयोग किस तरीके से कर पायेगा?...? ये सब जानकारियों के लिये शिक्षा तो आवश्यक है। शरीर के लिए, जीवन के लिये, भौतिक जीवन को ठीक बनाये रखन...
- अपनी अकल का उपयोग किस तरीके से कर पायेगा?...? इन सब जानकारियों के लिए शिक्षा तो आवश्यक है, लेकिन शिक्षा से ही काम चलने वाला नहीं है। शरीर के लिए,...
- अपनी अटैची और होल-डाल लेकर किस तरीके से स्टेशन से घर तक पहुँचा सकते हैं?...? यह बहुत मुश्किल है हमारे लिए। हमारे बुजुर्ग कैसे थे? मैंने अपने नाना जी को आँख से देखा था जब वे चाली...
- अपनी अम्मा की सलाह तो मानूँ?...? नहीं बेटे! तू अम्मा की मत मानना। नहीं साहब! अम्मा तो हमारी मर गई। उसी ने हमारा ब्याह करा दिया था। कब...
- अपनी अवांछनीय मान्यताओं से जो नहीं लड़ सकता, वह आक्रमणकारियों से क्या लड़ेगा?...? जो अपनी विचारणा को नहीं सुधार सकता, वह परिस्थितियों को क्या सुधारेगा?युग परिवर्तन का शुभारम्भ अपनी मन...
- अपनी आर्थिक कमाई का सफाया करने जा रहा है?...? समाज के लिए कैसे संकट पैदा करने जा रहा है? वह समझता ही नहीं कि अपने बच्चों का भविष्य कैसे खराब करन...
- अपनी इच्छा से नहीं - अपना मन है बैकुण्ठ को जाएँगे, अपनी मुक्ति कराएँगे, अपना फायदा कराएँगे, अपने चमत्कार देखेंगे, अपनी सिद्धि देखेंगे, अपना ये करेंगे - (अ) अपनापन ही जब हटा दिया तो अपनी मर्जी क्या रही?...? भगवान की मर्जी जो कुछ थी वही उन्होंने पूरी कर डाली। बस रामचन्द्र जी के कुटुम्बियों में शुमार हो गये।...
- अपनी इन पीड़ाओं को ले करके, दरदों को ले करके, ख्वाहिशों को ले करके, स्वार्थों को ले करके हम ये शिविर लगाते रहते हैं और हम क्या कर सकते हैं?...? हम और आप बैरी की तरह से आमने-सामने बैठे हुए हैं। कहने को तो हम गुरु-शिष्य हैं, पर वास्तव में बैरी है...
- अपनी इन्द्रियों को मारता क्यों?...? फिर तो सब अपना मनमौजी जीवन जिया करते, विलासिता का जीवन जिया करते और साथ-साथ में जप-तप करके, थोड़ा-बहु...
- अपनी औरत का स्वास्थ्य कैसे खराब करने जा रहा है?...? अपनी आर्थिक कमाई का सफाया करने जा रहा है? समाज के लिए कैसे संकट पैदा करने जा रहा है? वह समझता ही न...
- अपनी क्षमता और वजन रखकर आप दुनिया में कुछ बन सकते थे?...? नहीं आप नहीं बन सकते थे। यह था सैक्रीफाइस घर वालों के लिए। यह था माँ का प्यार, जो छोटे बच्चे को लेकर...
- अपनी क्षुद्र बुद्धि से केवल क्षणिक लाभ ही उन्हें दिखाई देता है, पारलौकिक सम्पदाएँ हैं किसी को नहीं मालूम?...? विश्व मानव के रूप में जो भगवान है, इसकी सेवा हमको दिखाई नहीं पड़ती। नहीं, हमें दिखाई नहीं पड़ती। तो ...
- अपनी खुशहाली तक ही सीमित है, तो मैं आपको क्या कहूँ?...? फिर मुझे आपको पिशाच कहना पड़ेगा और जब आप इससे भी आगे बढ़ जाते हैं और भी छोटे दायरे तक सीमित हो जाते ...
- अपनी चिन्ता, समस्याओं से फुरसत नहीं फिर कौन किसका दर्प देखे और किसलिए, किस-किस समय किसी को सराहें?...? अपनी ओर ध्यान खींचने और चकाचौंध उत्पन्न करने की लिप्सा को बचकानी बालक्रीड़ा के अतिरिक्त और कुछ कहते ...
- अपनी छोटी-मोटी भूलों के बारे में हम यही आशा करते हैं कि लोग उन पर बहुत ध्यान न देंगे, ‘क्षमा करो और भूल जाओ’ की नीति अपनाएँगे तो फिर हमें भी उतनी ही उदारता मन में क्यों नहीं रखनी चाहिए और कभी किसी से कोई दुर्व्यवहार अपने साथ बन पड़ा है तो उसे क्यों न भुला देना चाहिए?...? अपने साथ हम दूसरों से जिस सज्जनतापूर्ण व्यवहार की आशा करते हैं, उसी प्रकार की नीति हमें दूसरों के सा...
- अपनी जान बचाने के लिए हनुमान जी ने किसका वेष बनाया था, आपको मालूम है?...? आपको मालूम होना चाहिए। उन्होंने ब्राह्मण की शक्ल बना ली थी। ब्राह्मण की क्यों बनाई? इसलिए बनाई कि पु...
- अपनी जिह्वा को तपस्विनी बनाने के लिए मैं क्या करता रहता हूँ?...? संस्कारविहीन खाद्यों को ही ग्रहण करता हूँ। यह क्या है? जीभ का तप है। हमको जीभ का तप क्यों करना पड़ता ...
- अपनी जीवात्मा को जब हम भगवान के साथ में, परमात्मा के साथ में जोड़ देते हैं, तब क्या हो जाता है?...? उदाहरण के लिए मैं आपको समझाता हूँ। आपने पारस पत्थर का नाम सुना होगा। लोहे को पारस पत्थर के साथ छुआ द...
- अपनी दौलत भरी तिजोरी की चाबी खो देने पर कोई दरिद्रियों की तरह दुर्गतिग्रस्त स्थिति में फिरे, तो उसके लिए कोई क्या कुछ करे?...? यदि आत्मनिर्माण में जुटा जा सके, बुरी आदतों को कूड़े-करवट की तरह बुहारा जा सके, दृष्टिकोण में मानवी ...
- अपनी बहन को अलग रखिए?...? बेटे, मैं कैसे अलग रखूँ? जब राखी बाँधने आती है, तब मैं कैसे कहूँ कि रहने दे। घर से जब वह विदा होती ह...
- अपनी बात क्यों नहीं कहते?...? अरे कोई बात हो तो बताओ? नहीं, कुछ नहीं। तो चल भाग यहाँ से। बेटे, आपको कहना होगा कि हमें यहाँ से दिल्...
- अपनी बात क्यों नहीं कहते?...? अरे कोई बात हो तो बताओ? नहीं कुछ नहीं। तो चल भाग यहाँ से। बेटे, आपको कहना होगा कि हमें यहाँ से दिल्ल...
- अपनी बेटी बहू को कहाँ से देगी वह संस्कार?...? इसीलिए समय की आवश्यकता को देखते हुए हम संस्कारों के शिक्षण के द्वारा एक गुरुकुल आरम्भ करते हैं—विद्य...
- अपनी बेटी हो तो क्या और किसी की बेटी हो तो क्या?...? अब हम इन जिन्दा आँखों से ऐसा अधर्म नहीं देखेंगे। ये ठीक है कि हम रावण को नहीं मार सकते, पर हम स्वयं त...
- अपनी बेटी हो तो क्या, और किसी की बेटी हो तो क्या?...? अब हम इन जिन्दा आँखों से ऐसा अधर्म नहीं देखेंगे। ये ठीक है कि हम रावण को नहीं मार सकते, पर हम स्वयं त...
- अपनी मर्जी पूरी करेंगे?...? मर्जियों की ओर ध्यान मत दीजिए। औचित्य पर ध्यान दीजिए। उनकी क्या माँग उचित है, उस पर ध्यान दीजिए। क्य...
- अपनी मर्जी****अपनी मर्जी****अपनी मर्जी****कहाँ तक करेंगे?...? हमको ये साधना बताइये? हमको ये बीजमंत्र बताइये? मत पूछिये। हमने ऐसा नहीं पूछा है। साधनाओं के बारे में...
- अपनी मीरा को मैं कैसे जल जाने दूँगा?...? फिर जहर कौन पियेगा? भगवान ने कहा—जहर पीने के लिए मैं मौजूद हूँ। मीरा पानी पियेगी और जहर मैं ...
- अपनी मौत को अगर आप देखें, तो क्या करेंगे?...? तो राजा परीक्षित की तरह अपने रवैये को बदल लेंगे और सिकन्दर की तरह वह मौका नहीं आने देंगे, जिसमें आप ...
- अपनी रोटी कमा ले, इससे क्या बना?...? अपनी रोटी तो कोई भी कमा सकता है। अपनी रोटी तो भेड़िया भी कमा लेता है। अपनी रोटी तो कुत्ता भी कमा लेता...
- अपनी रोटी कोई ज्यादा कमा ले और पैसे खा ले और ज्यादा खुराक इकट्ठी कर ले और ज्यादा मौज-मजा से रह ले, यह क्या जीवन का लाभ हुआ और क्या समाज के लिए इसका अनुदान मिला?...? सिर्फ एक आदमी की बढ़ोत्तरी का कुछ मतलब नहीं निकलता। राई बराबर भी उससे फायदा नहीं होता।सारा समाज गरीब ...
- अपनी लड़कियों की सादगी भरे विवाहों में अत्युत्साह एवं अपने लड़कों की शादी की चर्चा पर मुखौटा बदलने की नीति कहीं परिजन तो नहीं अपना रहे?...? समाज की अन्यान्य समस्याएँ अपनी जगह है और विवाह अपव्यय दहेज की एक ओर। बीस लाख प्रज्ञा परिजन एवं उनके ...
- अपनी संकीर्णता को त्यागोगे क्या?...? नहीं, अपनी संकीर्णता को तो हम नहीं त्यागेंगे गुरुजी। तो बेटा! आप इस जीवन में कभी कुछ नहीं बन सकते और...
- अपनी सारी कमाई किसको देगा?...? बेटे-पोते को देगा, अगर और किसी को देगा, तो तेरी जान निकल जाएगी। निस्पृह जीवन मित्रो! क्या हुआ? कृष्ण...
- अपनी से क्या मतलब?...? अपनी से मतलब ये है कि जो हमारे भीतर जन्म-जन्मान्तरों के कुसंस्कार जमे पड़े हैं, उनको परिशोधन करना पड़ेग...
- अपनी से क्या मतलब?...? अपनी से मतलब यह है कि जो हमारे भीतर जन्म-जन्मान्तरों के कुसंस्कार जमे पड़े हैं, उनका परिशोधन करना पड़ेग...
- अपनी सेना कहाँ से खड़ी करेंगे?...? खिलायेंगे कहाँ से? ऐसे आदमी आयेंगे, तो मुश्किल पड़ जायेगी। काम कैसे चलेगा? भगवान करते हैं इनसान क...
- अपनी सेवा कर और किसकी सेवा करेगा?...? देवता की सेवा करूँगा। नहीं, देवता को तेरी सेवा की जरूरत नहीं है, उनके पास सब इंतजाम है। देवता अपना ग...
- अपनी हर मनोवृत्ति के ऊपर कसौटी लगाता चला गया और मैं यह देखता हुआ चला गया कि मैं कहाँ खोटा सिक्का हूँ, कहाँ खरा?...? जहाँ खोटा था, अपने आपको सँभालता रहा; जहाँ खरापन था, वहाँ सुधारता रहा। मेरी उपासना का क्रम पूजा-उपासन...
- अपनी हस्ती को क्यों?...? अपनी हस्ती, जो कि पानी का एक बबूला है, जो अपने चारों ओर हवा का एक घेरा बना करके बैठा है। उसके अन्दर ह...
- अपने आप में धारण किया है?...? इसका जवाब दे देंगे, तो आपकी बात लाखों-करोड़ों आदमी मानेंगे। हमने जो लोगों को सिखाया है, बताया है, प...
- अपने शरीर को ठीक तरीके से इस्तेमाल करने की तमीज, शरीर से ठीक तरीके से काम कैसे लिया जा सकता है?...? परिश्रम कैसे किया जा सकता है? इसके बावत आप जानें। फिर आपका शरीर ठीक हो जायेगा, स्वास्थ्य ठीक हो जा...
- अपने अन्दर जो कमजोरियों, कच्चाइयाँ आई हैं, उन्हें कैसे दूर करेंगे?...? यह कमजोरियों और कच्चाइयाँ जब मजबूर करेंगी कि जो ढर्रा चलता रहा है, वही चलता रहना चाहिए, तब फिर क्या ...
- अपने अन्दर विशेषता पैदा क्यों नहीं की?...? जिससे हमारी स्वाति की बूँदें तुम्हारे अन्दर प्रवेश करने के बाद में मोती बना देने में समर्थ होती। तुमन...
- अपने आत्मीय जनों को प्यार करता हुआ देखकर, उन्हें कठोर हृदय के व्यक्तियों को भी पिघलता देखा गया है; फिर परमात्मा जो इतना सहृदय और दयालु है वह अपने बालकों के प्रति कर्तव्य भावना को पूरा हुआ देखकर भला क्यों न प्रसन्न होगा?...? इससे तो वे भक्त की अन्य कामनाएँ भी सहर्ष पूरी कर देते हैं।वेद में कहा गया है कि जो लोग सम्पूर्ण प्राण...
- अपने आप ही सीं लूँगा?...? नहीं बेटे, ऐसा मत करना, क्योंकि इससे सेप्टिक हो जायेगा। तेरा ऑपरेशन हम ही कर देंगे, हमको इसका ज्ञा...
- अपने आप आये थे?...? नहीं, अपने आप तो रीछ-बन्दर भी नहीं आये थे; अपने आप तो नल-नील भी नहीं आये थे।...
- अपने आप का सुधार कुछ नहीं है क्या?...? स्वाध्याय की, संयम की क्या जरूरत हो सकती है? अरे साहब! बड़ी मुश्किल आ जाएगी। हम अपने मन के ऊपर, विचा...
- अपने आप की सफाई करने में ही शायद हमारी शक्ति खरच हो गई, इसके अलावा और क्या काम करने पड़े?...? ढेरों काम करने पड़े। उन कामों की तादाद गिनाने लगें तो आपका बहुत समय खरच हो जाएगा। बेटे! हमें बहुत का...
- अपने आप के साथ में करेगा रगड़ तो गेहूँ का खेत जिस तरीके से फसल देने लगता है, उसी तरीके से हमारी परिष्कृत चेतना फसल दे सकती है और मैं बताऊँ?...? अभी मैं बताता हूँ कि उपासना कैसे की जाती है? उपासना ऐसे की जाती है जैसे कि अपने शरीर को पहलवान अभ्या...
- अपने आप के साथ में करेगा रगड़, तो गेहूँ का खेत जिस तरीके से फल देने लगता है उसी तरीके से हमारी परिष्कृत चेतना फसल दे सकती है और मैं बताऊँ?...? अभी मैं बताता हूँ कि उपासना कैसे की जाती है? उपासना ऐसे की जाती है, जैसे कि अपने शरीर को पहलवान अभ्य...
- अपने आप को कौन गिराता है?...? अरे कोई नहीं गिराता, आप स्वयं अपने आप को गिराते हो। नहीं साहब, हमको पड़ोसी तंग करता है और बीवी तंग क...
- अपने आप को ढालना बड़ा काम है; क्योंकि आप परिवार के बड़े मेंबर हैं और जब आप अपने आप को ढाल लेंगे और विकसित कर लेंगे, तो फिर देखिए आपकी छाया, आपका वातावरण सारे-का-सारा कैसे परिष्कृत होता है?...? मित्रो! चन्दन का वृक्ष झुक करके अपनी समीपवर्ती झाड़ियों को खुशबूदार बना सकता है, तो आप भी चन्दन के पेड...
- अपने आप को बेचा कैसे जा सकता है?...? बेचा ऐसे जा सकता है कि आप अपनी इच्छाओं को भगवान के हवाले कर दें और ये कहें कि अब हमारी इच्छाएँ खत्म ...
- अपने आप को साध लेने के माने क्या है?...? इसका माने यह है कि अपनी पात्रता को इस लायक बना लेना कि कोई हमको देने के योग्य समझे और हमको दे। पात्र...
- अपने आप कौन दे देगा?...? आप अपने पैसे किसी को दे देंगे क्या? नहीं। बैंक वाला स्वयं किसी को रुपया दे देगा क्या? नहीं। क्योंकि ...
- अपने आप में धारण किया है?...? इसका जवाब दे देंगे, तो आपकी बात लाखों-करोड़ों आदमी मानेंगे। हमने जो लोगों को सिखाया है, बताया है, पह...
- अपने आप से माँगने का मतलब क्या है?...? अपने आप से माँगने का मतलब है कि हमको अपना व्यक्तित्व और अपना चरित्र एवं अपना अन्तःकरण उदार और उदात...
- अपने आप से लड़ेंगे नहीं क्या?...? गायत्री का चमत्कार देखने का अगर आपका मन है, वास्तविक रूप में गायत्री से मुहब्बत है तो आप साधना के लि...
- अपने आपका परिशोधन करते हुए चले जाएँगे, तो फिर देखेंगे कि क्या कमाल होता है?...? देखें फिर क्या मजा आता है? देखिए आपके पास कैसे सब चमत्कार आते हैं? मैं आपसे यही कहने वाला था कि आप अ...
- अपने आपके प्रति, स्वजन सम्बन्धियों के प्रति एवं सर्व साधारण के प्रति हमारी रीति-नीति, व्यवहार पद्धति क्या हो?...? उसकी सही और शालीनता युक्त गतिविधि अपनाने को लोक व्यवहार एवं सद्ज्ञान कहा जाता है।अध्यात्म का योग पक्...
- अपने आपको आप अकेला कहेंगे, तो फिर आपको नये ढंग से विचार करने का मौका मिलेगा कि आपको क्या करना चाहिए और क्या नहीं करना चाहिए?...? दुनिया के दबाव जो अनावश्यक रूप से आपको हैरान करते हैं, उन दबावों को हटाने के लिए यह जरूरी है कि आप ए...
- अपने आपको को क्यों नहीं समझा?...? अगर आप जीवन को और अपने आपको समझ सकते हों, तो इसका नाम ‘ज्ञान योग’ होगा। और, और अगर आपने अपने फर्ज और...
- अपने आपको कौन गिराता है?...? अरे कोई नहीं गिराता, आप स्वयं अपने आपको गिराते हो। नहीं साहब, हमको पड़ोसी तंग करता है और बीबी तंग कर...
- अपने आपको ही सही करता है अपने आपको ही संस्कारवान बनाता है तो क्या यह काफी है?...? नहीं, बेटे इतना ही काफी नहीं है। यह तो पहला अध्याय है, अपने आप को सही बनाना, लेकिन जब मैट्रिक हो जाए...
- अपने आपको ही हमारे ऊपर हावी रखेंगे?...? हमारी मनोकामना पूरी कर दीजिए। ऐसे कौन आपकी मनोकामना पूरी कर देगा, बताइए? रावण की मनोकामना पूरी करने ...
- अपने आपसे अपने और अपने शरीर के बीच का अन्तर, अपना स्वरूप, जीवन का उद्देश्य, परमेश्वर की मनुष्य से आकांक्षा, इस सुर दुर्लभ मनुष्य जन्म का श्रेष्ठतम सदुपयोग करने की बात पर प्रत्येक पहलू से विचार किया जाना चाहिए और समीक्षा की जानी चाहिए कि अपनी वर्तमान गतिविधियाँ आदर्श जीवन पद्धति से तालमेल खाती हैं या नहीं?...? यदि अन्तर है तो वह कहाँ है कितना है? इस अन्तर को दूर रखने के लिये जो किया जाना चाहिए वह किया जा रहा ...
- अपने आपसे क्या मतलब?...? सुपर चेतना, जो हमारे भीतर है, जिसके बारे में सुबह में बताया गया है। तत्वमसि विद्यानं ब्रह्म बाहर शब्...
- अपने आपसे क्या मतलब?...? अपने आपसे मतलब है—सुपर चेतना से, जो हमारे भीतर है, जिसके बारे में शुरू में बताया गया है। भीतर के अन्...
- अपने ईमान और भगवान् का कहना मानने वाले नानक का क्या हो गया?...? देखा है न आपने कि सारे संसार में कितनी इज्जत उनकी? सिक्ख धर्म में उन्हें भगवान मानते हैं।...
- अपने एक ऐसे ही भावपूर्ण प्रवचन में परमवन्दनीया माताजी समस्त श्रोताओं को स्मरण दिलाती हैं कि अध्यात्म का वास्तविक अर्थ क्या है?...? वे कहती हैं कि भगवान जीवसेवा में छिपे हुए हैं, सिर्फ उन्हें सेवा के माध्यम से प्रकट जगत् में लाने की...
- अपने कर्तव्यों को पूरा नहीं करते, तो आप क्या कर रहे हैं?...? आप किसी पर दबाव तो नहीं डाल सकते, आप उन्हें मजबूर तो नहीं कर सकते, आप दूसरे आदमी के गुलाम तो नहीं है...
- अपने कृत्यों को दूसरे से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आप पर सवार तो नहीं हो गयी?...? यह विराट् योजना पूरी होकर रहेगी। देखना इतना भर है कि इस अग्नि परीक्षा की वेला में आपका शरीर, मन और...
- अपने कृत्यों को दूसरे से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आप पर सवार तो नहीं हो गयी?...? यह विराट् योजना पूरी होकर रहेगी। देखना इतना भर है कि इस अग्नि परीक्षा की वेला में आपका शरीर, मन और व...
- अपने कृत्यों को दूसरों से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आप पर सवार तो नहीं हो गयी?...? यह विराट् योजना पूरी होकर रहेगी। देखना इतना भर है कि इस अग्नि परीक्षा की वेला में आपका शरीर, मन और व...
- अपने कृष्ण के लिए वह मारी-मारी फिरी और कृष्ण जिन्दा होता तो?...? तो बेटे, कितने आक्षेप उसके ऊपर लगे होते। उसने उसी पत्थर की मूर्ति में से गिरिधर गोपाल को पैदा कर लिय...
- अपने को ज्वलन्त दीपक की तरह प्रकाशवान बनाकर सबको प्रकाश देता और स्वयं प्रकाश पुञ्ज कहलाता, यह मार्ग तुझे क्यों नहीं सूझा?...? विश्व भगवान की सेवा साधना के लिए भीतर से हुलस क्यों नहीं उठा, पत्थर के टुकड़ों पर सिर पटककर ईश्वर...
- अपने को, सम्बन्धियों को जलाते-कुढ़ाते जी लेने और अन्त में पाप की गठरी सिर पर लद कर अँधेरे भविष्य की ओर चल पड़ने में क्या कुछ हाथ लगा?...? जिस सौभाग्य पर समस्त प्राणि जगत ईर्ष्या कर सकता है उसे भव सागर के नाम से जानी जाने वाली, सड़ी कीचड़ मे...
- अपने गिरेबान में मुँह डालिए और तलाश कीजिए कि हमारे विचारों में क्या-क्या गलतियाँ हैं?...? हमारी क्रियाओं में क्या-क्या गलतियाँ हैं? हमारी आस्थाओं में क्या-क्या गलतियाँ हैं? हमारी आस्थाओं में...
- अपने घर का काम कौन छोड़ता है?...? आपके अन्दर वह शराफत मालूम पड़ती है और जिन्दगी मालूम पड़ती रहेगी। आध्यात्मिकता का परिचय मालूम पड़ता है त...
- अपने घर पर लगा रखा है और अपमान करते हैं?...? तिरस्कार करते हैं? पुलिस पकड़कर ले जाएगी, जेल में डाल देगी। नहीं साहब! हम जलाएँगे जलाकर दिखाइये जरा! ...
- अपने जीवन को भी ठीक कैसे बनाएँगे?...? आप इस तरीके से योजनाएँ बनाने में, विचार करने में, विचारों को लगने दीजिए, जब खाली समय हो, तब और जब खा...
- अपने जीवन को भी ठीक कैसे बनाएँगे?...? आप इस तरीके से योजनाएँ बनाने में, विचार करने में, विचारों को लगने दीजिए—जब खाली समय हो तब और जब खाली...
- अपने जीवात्मा को शुद्ध और पवित्र बनाने के लिए ईश्वर की पूजा इससे अच्छी और क्या हो सकती है?...? समाज की सेवा के अलावा मैं पूछता हूँ कि ईश्वर की सेवा और क्या हो सकती है? कोई सेवा नहीं और ईश्वर का भ...
- अपने दुःख के समान ही दूसरों का जो दुःख समझेगा वह माँस कैसे ख सकेगा?...? दूसरों पर अन्याय और अत्याचार कैसे कर सकेगा? किसी की बेईमानी करने, किसी को तिरस्कृत, लांछित और जलील क...
- अपने देशवासियों के प्रति हमारे अन्दर कितनी सहानुभूति है?...? राष्ट्रीय सम्पत्ति के सदुपयोग का कितना ध्यान रखते हैं? राष्ट्र कल्याण के लिए अपने स्वार्थों के ऊपर क...
- अपने पुत्र, कुटुम्बी या घर वाले को सुशिक्षित, सदाचारी न बनाकर दुष्ट क्यों हो जाने दिया?...? इसकी आध्यात्मिक जिम्मेदारी कुटुम्बियों की भी है। कानून द्वारा अपराधी को ही सजा मिलेगी, परन्तु कुटुम्ब...
- अपने पेट को ही खिला देगा क्या?...? क्या समाज का हक कुछ भी नहीं है? समाज का हक है आदमी की आमदनी के ऊपर। सरकार टैक्स लेती है वो भी समाज क...
- अपने पड़ोसी कैसे तंग करते हैं?...? रिश्तेदार, खानदान वाले कैसे तंग करते हैं? २४ साल के इस अन्तराल में हमने उसे जाना।...
- अपने फटे-टूटे झोंपड़े में रहता रहा, तो क्या?...? और इस तरह सादाजीवन उच्चविचार के तरीके से अपना जीवन व्यतीत करता रहा, तो क्या? लेकिन भगवान का प्यार तो...
- अपने बच्चों से अपने दिल की बात क्यों न कहूँ?...? कहना चाहिए। हमने जो जीवन जिया, हमने उनके जीवन से जो सीखा और हमने जो पाया, वह इतना पाया है कि हम हजार...
- अपने बेटे और पोते को ही, सवा लाख पूत, सवा लाख नाती तक ही सीमित रहेंगे?...? आप विभीषण जी का अनुकरण नहीं कर सकेंगे क्या? ऐसा कीजिए अब आप—अब विभीषण को अपना इष्ट बनाइए और पहले जो ...
- अपने भीतर का आकर्षण और चुंबकत्व न हुआ तो हम भगवान को कैसे पा सकेंगे?...? स्वर्ग- मुक्ति कैसे पा सकेंगे? सद्गति और शान्ति कैसे पा सकेंगे?व्यक्तिगत जीवन की तरह ही हम यह देखते ह...
- अपने भीतर से ही क्यों न बीज बनायें?...? मित्रो! जिन लोगों ने अपने आपको बनाया है, उनको ये पूछने की जरूरत न पड़ी ‘क्या करेंगे?’, उनकी प्रत्येक ...
- अपने मन का, अपने दृष्टिकोण का परिवर्तन भी क्या हमारे लिए कठिन है?...? दूसरों को सुधारना कठिन हो सकता है, पर अपने को क्यों नहीं सुधारा जा सकेगा? विचारों की पूँजी का अभाव ह...
- अपने माता-पिता से मुहब्बत कम कर दी?...? न, ऐसा मत कहिए। अलग होने का मतलब मुहब्बत कम करना नहीं होता। इस मुहब्बत को सार्थक करने के लिए ही ...
- अपने मित्र का और अपने बड़े का जो मान और पद न्यायाधीश के रूप में बना हुआ है, वह आप खराब कराना चाहते हैं?...? हाँ साहब! हम तो खराब कराना चाहते हैं। क्यों? क्योंकि इससे हमारा उल्लू सीधा होता है। हमारी मनोकामना...
- अपने मित्र के साथ झगड़ा हो जाने पर?...?
उत्तर - स्थिति शान्त हो जाने के बाद उचित समय पर मित्र से बात करने के लिए कुछ समय माँगेंगे। गलतफहमी क...
- अपने यहाँ (गायत्री) गायत्री परिवार में ऐसे हजारों-लाखों लोग हैं जो सेवा करने के बड़े इच्छुक हैं पर क्या कर सकते हैं?...? घर की गृहस्थी की जिम्मेदारियाँ ऐसी हैं इनको कुछ दिये बिना और अपना शरीर का निर्वाह दिये बिना, कपड़ा द...
- अपने यहाँ गायत्री परिवार में हजारों-लाखों लोग ऐसे हैं, जो सेवा करने के बड़े इच्छुक हैं, पर क्या करें?...? घर-गृहस्थी की जिम्मेदारियाँ ऐसी हैं कि इनको कुछ दिये बिना, अपने शरीर का निर्वाह किये बिना, कपड़ा दिये...
- अपने राष्ट्र से किसे प्रेम नहीं होता?...? सच तो यह है कि हमारे पूर्वजों ने आने वाली पीढ़िओं के लिए अपनी इच्छाएँ, सपने और आकांक्षाओं का बलिदान क...
- अपने लक्ष्य का ध्यान करते हैं, जीवन का ध्यान करते हैं तो गुरुजी आपने इसीलिए सूरज का ध्यान बता दिया है?...? हाँ बेटे, वह तो हमने प्रतीक बता दिया है। उसकी चमक देखकर अगर आप यह अन्दाजा लगाते हों कि हमारे ध्यान मे...
- अपने लक्ष्य का ध्यान करते हैं, जीवन का ध्यान करते हैं तो गुरुजी आपने इसीलिए सूरज का ध्यान बता दिया है?...? हाँ बेटे, वह तो हमने प्रतीक बता दिया है। उसकी चमक देखकर अगर आप यह अन्दाजा लगाते हों कि हमारे ध्यान मे...
- अपने लाल को पाकर कैसे धन्य होगी?...? एक का आनन्द-दूसरे का शोक, एक का नफा-दूसरे का नुकसान-यही दुनिया का क्रम है।यदि हमारे विचार करने का क...
- अपने लिए और अपनी औलाद के बाद क्या कभी हमारी आँखें बाहर गयीं?...? नहीं, हमारी आँखें उससे बाहर नहीं गयीं। अपने दिमाग के अहंकार को बढ़ाने के लिए गयी और आगे बढ़ीं, तो सात ...
- अपने लिए क्या माँगा?...? कुछ भी नहीं माँगा। शबरी को गुरु का हुक्म मिला कि सड़क पर झाड़ू लगाया कीजिए, जिससे कि जो विद्यार्थी वहा...
- अपने लिए हितकर क्या है?...? यह रोगी स्वयं कहाँ जानता है? उसे चिकित्सक के अनुशासन में चलना पड़ता है। बच्चे अपनी दिनचर्या तभी ठीक र...
- अपने वजन से अधिक किताबें भी लिखी है?...? ही बेटे! लिखी हैं तो कोई आपका स्टेनो है? नहीं बेटे! हमारा कोई स्टेनो नहीं है। कोई पी०ए० है आपका? नही...
- अपने व्यक्तित्व को बनाना, अपने जीवन को बनाना, अपनी जीवात्मा को महात्मा, देवता बनाना और परमात्मा बनाना, यह विकास कितना बड़ा हो सकता है?...? इसके लिए कितना संघर्ष करना चाहिए, कितनी मेहनत करनी चाहिए, कितना परिश्रम और कितना परिष्कार करना चाहिए...
- अपने व्यक्तित्व को बनाना, अपने जीवन को बनाना, अपनी जीवात्मा को महात्मा, देवात्मा बनाना और परमात्मा बनाना, यह विकास कितना बड़ा हो सकता है?...? इसके लिए कितना संघर्ष करना चाहिए, कितनी मेहनत करनी चाहिए, कितना परिश्रम और कितना परिष्कार करना चाहिए...
- अपने व्यक्तित्व को बनाना, अपने जीवन को बनाना, अपनी जीवात्मा को महात्मा, देवात्मा बनाना और परमात्मा बनाना, यह विकास कितना बड़ा हो सकता है?...? इसके लिए कितना संघर्ष करना चाहिए, कितनी मेहनत करनी चाहिए, कितना परिश्रम और कितना परिष्कार करना चाहिए...
- अपने व्यवहार को कितना कसा है?...? अपनी इच्छा-आकांक्षाओं और महत्त्वाकांक्षाओं को चूरा करके फेंक दिया है। अपने आपको धोने के लिए, परिष्कृ...
- अपने हाथ-पैर को जख्मी कौन करेगा?...? सब वापस आ गये। उन्होंने कहा कि इस राजा को शिष्य बना पाना सम्भव नहीं। तभी भगवान बुद्ध का एक शिष्य आया...
- अपने हाथों अपना समय और पैसा खर्च करने में इस बात की आशंका नहीं रहती कि कहीं कोई ठग तो नहीं रहा है?...? सेवा साधना का यह क्रम अपनाकर, आरम्भ से ही एक लाख अध्यापक प्रति सौ के हिसाब से एक करोड़ छात्रों से सम...
- अपने ही देश में अपनी ही संस्कृति के प्रमाण तो पग-पग पर थे ही, उन्हें खोजता ही कोई क्यों?...? सिंध की तरह पंजाब और कश्मीर के प्रांतों की बात है। 'तक्षशिला विश्व विद्यालय' रावलपिंडी के पास था। उस...
- अपने ही लोग बिदकते हैं, फिर बाहर वाले उसे क्योंकर प्रमाणित मानेंगे?...? भारतीय संस्कृति को विश्व संस्कृति के रूप में, भारतीय धर्म को मान्य धर्म के रूप में प्रस्तुत करने वाल...
- अपने होते हुए भी वे पराए लगते थे, फिर आनन्द एवं प्यार कहाँ से उभरता?...? आनन्द एवं प्यार एक ही चीज का नाम है। अगर आपको आनन्द पाना है, तो प्यार का माद्दा बढ़ाना पड़ेगा। यह दि...
- अपने-अपने चिन्तन को, चरित्र को, व्यवहार को, अपने वातावरण को जब ऐसा बनाया नहीं गया है तो उसे पास कौन बैठने देगा?...? ना ही कोई सुनेगा। गाँधी जी की आवाज को, लाल बहादुर शास्त्री की आवाज को सुना इसलिए गया कि वे सही अर्थो...
- अपने-अपने चिन्तन को, चरित्र को, व्यवहार को, अपने वातावरण को जब ऐसा बनाया नहीं गया है, तो उसे पास कौन बैठने देगा?...? न ही कोई सुनेगा।
गाँधी जी की आवाज को, लाल बहादुर शास्त्री की आवाज को, सुना इसलिए गया कि वे सही अर...
- अपनेपन का क्षेत्र कितना व्यापक और विस्तृत बनाए?...? जब अन्त:करण में इसी प्रकार के उफान उठेंगे तो स्वभावतः मनुष्य को उसी राह पर चलना पड़ेगा, जिससे मनुष्यत...
- अपनों से छिपाया क्या जाय?...? अब हम अपने अन्तर की हर घुटन, व्यथा और अनुभूति को अपनों के आगे उगलेंगे, ताकि हमारे अन्तर का भार हल्का...
- अपराध कैसे रह पायेगा?...? अगर मनुष्य अपने दिल के अन्दर भावना को जोड़ लें। अभी हमारे शरीर तो इनसान के हैं परन्तु दिल हैवान के है...
- अपराधियों के बारे मे यही बात है, शराबियों के बारे में भी यही बात है, जुआरियों को आपने देखा है ना?...? चोरों को आपने देखा है ना? इस समय फायदा उठा लेते हैं।...
- अपराधियों को आप जानते हैं ना?...? शराबियों को आप जानते हैं ना? आलसियों को आप जानते हैं ना? रिश्वतखोरों, जमाखोरों और भ्रष्टाचारियों को ...
- अपहरण, बलात्कार, लूट-खसोट, दमन के अन्य तरीकों का तो कहना ही क्या?...? उस बर्बरता से भयभीत बंगाली प्रजाजनों में से करीब एक करोड़ भाग कर शरणार्थी के रूप में भारत चले आए। इस...
- अपूर्णता से पूर्णता को प्राप्त करने के लिए जीवभाव को समाप्त करके, ब्रह्मभाव तक जा पहुँचने के लिए कौन-सी मंजिलें हैं?...? मंजिलें दो हैं—एक को हमने योग के नाम से पुकारा है और एक को हमने तप के नाम से पुकारा है।
मित्रो! ...
- अपेक्षित क्या है?...? बाजीगर अपना तमाशा तब दिखा पाता है, जब कठपुतली अपने धागे को बाजीगर के हाथ में बाँध देती है। गायत्री...
- अप्रत्यक्ष को कैसे पकड़ा जाय?...? सूक्ष्मदर्शी विवेक का माइक्रोस्कोप ही इन विषाणुओं का अता-पता बता सकता है जो दुर्गुणों के रूप में विष...
- अफवाएँ कैसे फैलती हैं?...?
आओ देखें अफवाएँ कैसे फैलती हैं। सबको एक घेरे में फासला देते हुए खड़ा कर दो। सीटी बजते ही घेरे में खड़...
- अफ्रीका में निवास करने वाले सबके सब काले रंग के हैं और काला रंग कोई खराब होता है क्या?...? काला रंग राक्षसों की निशानी है? नहीं, काला रंग राक्षसों की निशानी नहीं है। केनिया के प्रेसीडेन्ट ने ...
- अब आप क्या करना चाहते हैं?...? वही, जो आपने सीखा है और आपको सिखलाया गया है। वही तरीका आप देवताओं के साथ इस्तेमाल करना चाहते हैं...
- अब तो आप खुश हैं ना?...? हाँ साहब! हम तो इसीलिए यहाँ आए थे। हाँ बेटे! लोग दो ही चीज माँगते हैं। एक तो वे पैसे की शिकायत ल...
- अब हरिजन शब्द कह देते हैं, तो सामने वाला तुरन्त कह उठता है कि आपने हमें हरिजन कैसे बता दिया?...? नहीं साहब! सम्मान किया है। सम्मान किया है या हमको अछूत बता दिया है? हरिजन शब्द आज खराब हो गया है। ...
- अब अपने पास बचा ही क्या है?...? जो था बहुत बड़ा भाग खो चुके। जो है उसकी सुरक्षा का साधन तभी बनेगा जब हमारे भीतर मानवोचित शौर्य और साह...
- अब आगे क्या करेंगे?...? अब हमारे पास दो उद्देश्य हैं। एक तो यज्ञ की वैज्ञानिकता को सिद्ध करना है, जिसमें आप सिद्धि और चमत्का...
- अब आगे क्या करेंगे?...? अब हमारे पास दो उद्देश्य हैं। एक तो यज्ञ की वैज्ञानिकता को सिद्ध करना है, जिसमें आप सिद्धि और चमत्का...
- अब आगे साधना के बारे में किससे पूछेंगे?...? कौन मार्गदर्शन देगा? २ वर्ष का समय निकल गया। कैसे गया, पता भी नहीं लगा? अचानक सुनने में आया गुरुदेव ...
- अब आप अलग कर दीजिए न, गंगाजल और यमुनाजल को?...? कहाँ अलग हो सकते हैं? आपने उन्हें मिला जो दिया। अब वे अलग नहीं हो सकते। दोनों एक हो गए। भगवान के साथ...
- अब आप अवतार लेंगे?...? हाँ साहब! अवतार लेंगे तो आप अकेले काम नहीं कर सकेंगे? अकेला काम क्यों नहीं कर सकता? 'अकेला चना भाड़ ...
- अब आप अवतार लेंगे?...? हाँ साहब! अवतार लेंगे। तो आप अकेले काम नहीं कर सकेंगे? अकेला काम क्यों नहीं कर सकता? ''अकेला चना भाड़...
- अब आप कैसे आ गईं?...? लक्ष्मी जी ने कहा कि जहाँ कहीं भी प्यार रहता है, सहकार रहता है, सेवावृत्ति रहती है, उदारता रहती है, ...
- अब आप कैसे आ गईं?...? लक्ष्मी जी ने कहा कि जहाँ कहीं भी प्यार रहता है, सहकार रहता है, सेवावृत्ति रहती है, उदारता रहती है, ...
- अब आप क्या कर रहे हैं?...? अब हम पुरश्चरण कर रहे हैं। इसे इस वर्ष से हमने प्रारम्भ कर दिया है। पुरश्चरण में जप, जप के साथ हवन अन...
- अब आप क्या कर सकते है?...? आप सेहत की एक तरीके से सहायता कर सकते हैं। देवपरिवार में आकर, आध्यात्मिक जीवन में प्रवेश करने के बाद...
- अब आप क्या कर सकते हैं?...? आप सेहत की एक तरीके से सहायता कर सकते हैं। देवपरिवार में आकर, आध्यात्मिक जीवन में प्रवेश करने के बाद...
- अब आप क्या करेंगे?...? बच्चों की खुराक अनाज नहीं है। इंसान की खुराक अनाज नहीं है। इंसान की खुराक मोहब्बत है, प्यार है। आपने...
- अब आप क्या शिकायत करते हैं?...? आपने बदतमीज़ी से और बेहूदगी से चीजों को खाया है। अब बेहूदे तरीके से खाने की वजह से ये बेहूदी चीजें आ...
- अब आप क्या शिकायत करते हैं?...? आपने बदतमीज़ी से और बेहूदगी से चीजों को खाया है। अब बेहूदे तरीके से खाने की वजह से ये बेहूदी चीजें आ...
- अब आप परसों भेज देंगे, हमको लेक्चर झाड़ने पड़ेंगे, तो लेक्चर कैसे देंगे?...? अरे बाबा, लेक्चर की हम नहीं कह रहे हैं। लेक्चरार बनाकर नहीं भेज रहे हैं। हम तो आपको वह चीज दे करके...
- अब आप बताइए उसके चाल-चलन को ठीक कैसे करेंगे?...? नहीं साहब, हम तो क्षमा माँगेंगे। क्षमा मागेंगे लेकिन वह लड़की अब किसी की घरवाली हो गई और जिसके बेटे भ...
- अब आप बताइए कि आपके घर में १००वर्ष पहले किसका जन्म हुआ था?...? ’’ आपके परदादाजी के पिताजी का नाम आपको बताना है। सभी बालक एक दूसरे का मुँह ताकते हैं।
प्रशिक्षक- ‘‘ज...
- अब आप बताइएकि हम सफाई-धुलाई कैसे कर सकते हैं?...? कस्तूरबा ने गाँधी जी को बताया कि जिस देश में हम रहते हैं, वहाँ इतने गरीब लोग रहते हैं। गाँधी जी की आ...
- अब आप ही बताइए कि क्या करना चाहिए?...? गोसाईं जी का मीराबाई को उत्तर
गोस्वामी तुलसीदास जी ने उसके उत्तर में मीराबाई के लिए एक कवित...
- अब आप ही बताइये, भला इतनी चीजों से टक्कर कौन ले?...? हर आदमी ले लेगा? आप ले लेंगे? चौराहे पर खड़े होकर भाषण देने वाले नेता लोग टक्कर ले लेंगे? न, यह ब...
- अब आपकी पचास हजार की शाख है और बाकी ग्रेड?...? अब एक लाख की ग्रेड है। ग्रेड भी बढ़ती हुई चली जाती है क्यों? हमारी बैंक हमको ईमानदार समझती है कि इसक...
- अब आपकी पचास हजार की शाख है और बाकी ग्रेड?...? अब एक लाख की ग्रेड है। ग्रेड भी बढ़ती हुई चली जाती है क्यों? हमारी बैंक हमको ईमानदार समझती है कि इसको...
- अब आपकी शिकायत क्या है?...? हमने जो रुपये उनकी पढ़ाई में खरच किए थे, उनको ब्याजसहित चुकाना चाहिए था।
भाई साहब! वो जमाने चले ...
- अब आपके पास कहाँ है?...? जिन्दा में आपके पास है नहीं तो मरने के बाद क्या हो सकता है!
सेवा से ही फलित होगी साधना
...
- अब आपके पास कहाँ है?...? जिन्दा में आपके पास है नहीं तो मरने के बाद क्या हो सकता है? सेवा से ही फलित होगी साधना इसलिए मित्रो! ...
- अब आपके पास कुछ और धन है?...? नहीं बेटे, धन के नाम पर एक कानी कौड़ी का लाखवाँ हिस्सा भी हमारे पास नहीं है। आपको तलाशी लेना हो या मर...
- अब आपको यह चिन्ता करनी है कि हमको खर्च कम कैसे करना हैं?...? आपके जो भी घरेलू खर्च हैं, क्या उसमें किसी प्रकार की कमी करने की गुंजाइश है? अगर कमी करने की गुंजा...
- अब आपको शिकायत क्या है इससे?...? नहीं साहब, आपको साइंस जाननी पड़ेगी, फिजिक्स पढ़नी पड़ेगी तब सारी बातें जानेंगे। नहीं साहब जानेंगे नह...
- अब आपको शिकायत क्या है इससे?...? नहीं साहब, आपको साइंस जाननी पड़ेगी ,, फिजिक्स पढ़नी पड़ेगी, तब सारी बातें जानेंगे। नहीं साहब, जानेंगे...
- अब आपको शिकायत क्या है इससे?...? नहीं साहब, आपको साइंस जाननी पड़ेगी, फिजिक्स पढ़नी पड़ेगी तब सारी बातें जानेंगे। नहीं साहब जानेंगे नह...
- अब आपने क्या किया?...? लकड़ी की एक माला उठाई और दवा-स्ट्रेप्टोमाइसिन चौकी पर रख दी और उसके चारों ओर धूप घुमाई और जप करना शु...
- अब आवश्यकता तो हरिश्चन्द्र और भामाशाहों जैसी उदारता की है, पर उतना न बनने पर तीन प्रतिशत की बात तो सोचना ही चाहिए, अन्यथा नव सृजन की इतनी विशाल कार्य योजना जिसके साथ ४५० (अब ६ अरब से अधिक) करोड़ मनुष्यों का भाग्य और भविष्य जुड़ा हुआ है, किस प्रकार अपने लक्ष्य तक पहुँच सकेगी?...? स्मरण रहे, ध्वंस से सृजन महँगा पड़ता है। सर्वतोमुखी नव निर्माण में भी तो आखिर कुछ न कुछ लगेगा ही। उ...
- अब इंदिरा गाँधी जी से क्या कहूँगा?...? या तो सिंधिया को उखाड़ो या फिर हटो, किसी और को बनाते हैं। गुरुजी! अब क्या करना चाहिए? अगर आपकी कृपा ...
- अब इस क्षेत्र में चल रहें अनुसन्धानों ने एक नया मोड़ लिया है कि जिनको पर्याप्त मात्रा में पुष्टाई मिलती है वे कुपोषण ग्रस्तों से भी गई गुजरी स्थिति में क्यों पड़े रहते हैं?...? उन्हें वे लाभ क्यों नहीं मिलते जो खाद्य रसायनों का गुणगान करते हुए आमतौर से बताये जाते हैं।
इस असम...
- अब इस तरह की परम्पराएँ शुरू हो गई कि नहाएगा पहले कौन?...? बाबा जी नहाएगा पहले या पहले नागा नहाएगा? वैरागी पीछे नहाएगा। नागा बाबा पहले क्यों नहाएगा? वैरागी को ...
- अब इस सौभाग्य का लाभ कौन उठाए?...? इस बात पर सब बच्चे आपस में लड़ने लगे। अन्तत: गोली निकालकर भाग्य का फैसला कराया गया। निर्णय भीम के पक्...
- अब इसका क्या उपयोग?...? क्या करें?
गुरुजी ने सब बात सुनी और कहा, ‘‘अच्छा! खारा है बेटा! पानी खारा है! लाओ रस्सी, बाल्टी, द...
- अब उन्हें प्रत्यक्षवाद ने अमान्य ठहरा दिया, तो सामर्थ्यवानों को कोई किस आधार पर मर्यादा में रहने के लिए समझाए?...? किस तर्क के आधार पर शालीनता और समता की नीति अपनाने के लिए बाधित करे। पशुओं को जब नीतिवान परोपकारी बन...
- अब उसको वापस लाने के लिए क्या करना पड़ेगा?...? अगर संस्कृति वापस न आ सकी तो दुनिया तहस-नहस हो जाएगी, दुनिया मिट जाएगी। दुनिया जिन्दा न रह सकेगी। परल...
- अब उसको वापस लाने के लिए क्या करना पड़ेगा?...? अगर संस्कृति वापस न आ सकी तो दुनिया तहस-नहस हो जाएगी, दुनिया मिट जाएगी। दुनिया जिन्दा न रह सकेगी। परल...
- अब और कुछ बताओ?...? तुम्हारा दिवाला निकल गया। पढ़ाई खत्म? अभी और है पढ़ाई हमारे पास। क्या पढ़ाई है? हमारे पास है—गिनती। गिन...
- अब और कोई भाष्यकार हो सकते हैं?...? नहीं बेटे! वेदों का भाष्य करना बहुत कठिन कार्य है। यह अकल हम कहाँ से लाए? यह हमारे गुरु की कृपा...
- अब और क्या बताऊँ, बताइए?...? अथर्ववेद की बात बताऊँ या आपकी इच्छाओं की बात बताऊँ। चलिए आपकी इच्छा के मुताबिक बात बताता हूँ। अथर्वव...
- अब करना आपका काम है कि इन बताई हुई बातों को किस हद तक कार्य में लें और और कहाँ तक चलें?...? बस ये ही मोटी-मोटी बातें थीं जो मैंने आपसे कहीं। बस मेरा मन हल्का हो गया। अब आप इन्हें सोचना। मालूम ...
- अब कल एक गीत आपको गुजराती में सुनाऊँगी, देखो सुनाते हैं कि नहीं सुनाते?...? तो फिर क्या वजह है? हम क्या नहीं कर सकते हैं?
आपसे उम्मीदें हैं
अब बुढ़ापे में, इस अवस्था में भ...
- अब कहाँ जाना पड़ेगा आपको?...? बेटे, सारे हिन्दुस्तान में तो हिन्दू बत्तीस-तैंतीस करोड़ हैं और दो करोड़ बाहर हैं। सारी दुनिया में चौं...
- अब कहाँ जाना पड़ेगा आपको?...? बेटे, सारे हिन्दुस्तान में तो हिन्दू बत्तीस- तैंतीस करोड़ हैं और दो करोड़ बाहर हैं। सारी दुनिया में चौं...
- अब कहाँ मिला दिया?...? अब विविध भारती पर मिला दिया है और अब इसमें प्रार्थना के गीत आने लगे हैं। यह क्या है? एक सेकेण्ड का च...
- अब कहीं दिल्ली में या बाहर है, मुझे मालूम नहीं, क्या हुआ?...? कंपनी नीलाम हो गई, सब कुछ तबाह हो गया।
क्यों साहब! ऐसा हो सकता है? इतनी दौलत दे जाए तब भी? हाँ ब...
- अब काहे से यज्ञ होगा आप बताइए?...? उन्होंने कहा कि हम तो विशुद्ध रूप से कठपुतली हैं। जिसके हाथ में हमने डोरी साैंप रखी है, उस पर हमारा ...
- अब कितना निकल गया?...? साढ़े पाँच छटाँक से ज्यादा निकल गया। हार्ट की स्पीड क्या है? कम हो गयी। नाड़ी की गति धीमी पड़ गयी, ब्लड...
- अब कितनी जमीन?...? बेटे अब सैकड़ों एकड़ जमीन है, संस्था के पास। बड़ी समर्थ संस्था है। बाबा साहब आमटे संस्था के संचालकों मे...
- अब कितनी हो गयी हैं?...? अब रुपये का फरक पड़ गया है, तो कलायें अब सौ हो गयी हैं। अवतारों की कलाएँ एवं लीलाएँ महाराज जी! तो क...
- अब कितने हो?...? नौ। नौ आदमी किस तरह से हो, गिनकर बताओ। उन्होंने बारी-बारी से एक, दो, तीन.....करके दिखाया और कहा ...
- अब किस तरह की परम्पराओं की शुरुआत हो गई?...? अब इस तरह की परम्पराएँ शुरू हो गई कि नहाएगा पहले कौन? बाबा जी नहाएगा पहले या पहले नागा नहाएगा? वैराग...
- अब किस स्थिति में है?...? मैं नहीं जानता कि मर गया या जिन्दा है; क्योंकि मुझे यहाँ आए बहुत दिन हो गए। जिन्दा भी होगा तो अपाहिज क...
- अब किसकी बात रह जाती है?...? माँ का पाठ रह जाता है। माँ जिस ढंग से बच्चों को उस घर की पाठशाला में शिक्षण देती है। वह शिक्षण आजीवन...
- अब कुछ दिनों से गान विश्राम ले लें और दूसरे रसों को भी जीवित रहने का अवसर मिल जाय तो क्या हर्ज है?...? कुछ दिन तक घुँघरू न बजें, पायल न खनकें तो भी कला जीवित रहेगी। चित्रकार नव यौवना की शालीनता पर पर्दा ...
- अब कैसा सुंदर बना हुआ है?...? कमाल है। यहाँ भी बटन यहाँ भी कच्चा। यहाँ भी गोट। यहाँ भी बाजू। देख ले ये किसका कमाल है? दर्जी का कमा...
- अब कैसी है?...? ’’ मुझे उस समय बस कमजोरी लग रही थी, बाकी सब ठीक था। मैंने मुस्कुराकर कहा कि ठीक हूँ गुरुजी। गुरुजी न...
- अब कैसे जाएँगे, करना क्या पड़ेगा?...? ये तो सब बताते रहेंगे, क्या करना पड़ेगा, यह मेरा विषय नहीं है।
मेरा विषय है तो केवल आस्था, वह है...
- अब कौन जाएँगे, कितने जाएँगे?...? यह फैसला वहीं भीड़ में होगा। पार्वती ने अपना जो रूप बनाया था, वह था सुंदरी का, स्वस्थ जवान सोलह वर्ष...
- अब कौन बाकी रह गया है?...? एक ही आदमी बाकी रह गया है, देवता। देवता ट्रांसफर कराता है? हाँ साहब! देवता के हाथ में सब कुछ है। तो ...
- अब कौन रह गया है?...? अब सन्तोषी माता और रह गई है और जो कोई भी रह गया है, उसे भी इसी नरक में जला डालिए अभागो! जिसमें कि आप ...
- अब कौन रह गया है?...? अब सन्तोषी माता और रह गई हैं और जो कोई भी रह गया है, उसे भी इसी नरक में जला डालिए अभागो! जिसमें कि आप...
- अब कौन से आ गए?...? किसको वोट देंगे? आपकी पार्टी को देंगे। आपकी पार्टी कौन सी है? जो भी आपकी पार्टी है, उसी को दे देंगे।...
- अब क्या है?...? यू0पी0 में व्यायाम के जो प्रशिक्षित लोग निकाले जाते हैं, एन0सी0सी0 और पी0टी0सी0 सिखाने वालों की ट्...
- अब क्या कर रहे हैं?...? अब सारे के सारे विश्व के वातावरण को गरम करने के लिए प्रयत्न कर रहे हैं और यह प्रयास कर रहे हैं कि इस...
- अब क्या कर रहे हो?...? अब तो हम याद कर रहे है। कैसे याद करते हो दिखाना हमको। ऐसे याद करते हैं कि उसी को फिर फेर रहे हैं, फि...
- अब क्या करना चाहिए?...? क्या कदम बढ़ाना चाहिए? मैंने फिर अपने उसी फरिश्ते से दूसरा सवाल किया कि जब आपने मुझे जगा ही दिया है ...
- अब क्या करना चाहिए?...? बेटे! हमको और आपको उसे वापस लाने की कोशिश करनी चाहिए; क्योंकि उसमें हमारा, हमारी सन्तानों का, हमारे स...
- अब क्या करना चाहिए?...? अपनी कोई जगह बनानी चाहिए, जहाँ हम पृथ्वी पर भी बने रहें और लक्ष्मी जी के सामने बेइज्जती भी न हो। ह...
- अब क्या करना चाहिए?...? गाड़ी को रोका गया कि देखें शायद हाथी चला जाय। हाथी भी खड़ा हो गया। रेलगाड़ी फिर चलने लगी, हाथी भी चलन...
- अब क्या करना चाहिए?...? उनके विद्यार्थी मन में एक बात आई कि अब मुझे संस्कृत पढ़नी चाहिए। 55 साल के बच्चे ने यह निश्चय किया।
...
- अब क्या करना चाहिए?...? अगर आपकी कृपा हो जाय किसी तरीके से, तो काम बन सकता है। मेरी पत्नी ने कहा है कि आचार्य जी को लोग जानत...
- अब क्या करना चाहिए?...? क्या कदम बढाना चाहिए? मैंने फिर अपने उसी फरिश्ते से दूसरा सवाल किया कि जब आपने मुझे जगा ही दिया है औ...
- अब क्या करना चाहिए?...? घर वाले चिल्ला रहे थे कि चोर को पकड़ो। चोर भी चिल्लाने लगा कि चोर को पकड़ो। देखो, वह गया, इधर गया, भीड़...
- अब क्या करना पड़ेगा?...? अब हमें इसको बदल देना चाहिए। अपना 'अहं' सुपर ईगो में परिष्कृत कर देना चाहिए। हमारा जो 'अहं' है, हमार...
- अब क्या करूँ?...? भीम प्रतिज्ञा कर चुका था। श्रीकृष्ण भगवान ने कहा कि भीम। देख, यह लँगोटी वाला पहनकर गया था और लँगोटी ...
- अब क्या करूँ?...? उस जमाने में पेंशन भी थोड़ी-सी मिलती थी। 15-20 रुपये पेंशन मिलती थी। अब क्या करना चाहिए? उनके विद्या...
- अब क्या करें?...? बेटे, मन को किसी काम में लगाया जाए। मन की बनावट ऐसी है कि जब कोई काम नहीं होगा तो मन भाग जाएगा। जब म...
- अब क्या करें?...? भगवान ने सद्बुद्धि दी, प्लेटफार्म थोड़ा सामने की तरफ आगे निकला हुआ था। उसी बीच दुबक कर बैठ गया। पुनः ...
- अब क्या करें?...? बेटे! मन को किसी काम में लगाया जाए। मन की बनावट ऐसी है कि जब कोई काम नहीं होगा तो मन भाग जाएगा। जब म...
- अब क्या करें?...? अब अगली कक्षा की तैयारी यह सब शिक्षण है, बाबा शिक्षण! शिक्षण है जादूगरी नहीं है, ये बाजीगरी नहीं है।...
- अब क्या करेंगे, अब कैसे होगा?...? होगा क्या, जो सबका होगा, वह तुम्हारा होगा। जो होता है होगा, अब क्या किया जाए? पर जो लक्ष्य है, उद्दे...
- अब क्या करेंगे, अब कैसे होगा?...? होगा क्या जो सबका होगा वह तुम्हारा होगा। जो होता है होगा अब क्या किया जाए, पर जो लक्ष्य है, उद्देश्य...
- अब क्या करेंगे?...? उसको ढककर ले जाइए और जौ के खेत में छोड़कर आइए। बलिदान की यह प्रक्रिया अभी भी होती है। पण्डित कराते है...
- अब क्या करेंगे?...? जो कोई हमारी चपेट में आएगा, उसको भी कोढ़ी बनाएँगे। किसको कोढ़ी बनाएँगे? अब तो और कोई चपेट में नहीं आ...
- अब क्या करेंगे?...? कैसे रहेंगे? अपनी मनोभूमि ठीक करें। मन-बुद्धि से काम लें। परिस्थितियों से निपटने पर विचार करें। उन्ह...
- अब क्या करेंगे?...? अब बेटे! हम क्रमबद्ध रूप से परिव्राजक योजना को चलाएँगे। पहले शिविर में आपके कितने आदमी थे? दोनों शिव...
- अब क्या कहें?...? बस, यहीं रहने दे।
इनको सन्त कहेंगे? नहीं, बेटे! सन्त कहने में लज्जा आती है। हे भगवान! कहीं सन्त हो...
- अब क्या कहेंगे?...? मित्रो! फिर भी मैं यही कहता हूँ कि गायत्री ब्राह्मण की कामधेनु है। अब भी आप कहते हैं? अभी तो आपने मन...
- अब क्या किया जाना चाहिए?...? मिलिट्री वालों ने कहा कि यह हाथी ऐसे नहीं जायेगा। यह गाड़ी के आगे-आगे चल रहा है, अतः हम लोग उसके ...
- अब क्या गौ दान देंगे?...? लेकिन आप ऐसा कीजिये, हमसे गौ दान ले जाइये, एक कामधेनु ले जाइये। कामधेनु क्या है? कामधेनु आध्यात्मिकत...
- अब क्या रखा है?...? तुरन्त के लिए आदमी घबरा जाता है। इस नियम को समझिए ईश्वर का विश्वास होने का अर्थ यह है कि कर्मफल को प...
- अब क्या हुआ?...? हाथी एक दिन पानी पीने गया और दलदल में फँस गया। जब लोगों ने देखा कि हाथी दलदल में फँस गया है, तो सब उ...
- अब क्या है?...? अब सामर्थ्य वाले यज्ञ होंगे। अब आगे क्या करेंगे? अब हमारे पास दो उद्देश्य हैं। एक तो यज्ञ की वैज्ञान...
- अब क्या है?...? अब सामर्थ्य वाले यज्ञ होंगे। अब आगे क्या करेंगे? अब हमारे पास दो उद्देश्य हैं। एक तो यज्ञ की वैज्ञान...
- अब क्या हो गई?...? अब यह नाम बदल गया। अब वह देवमाता हो गईं, देवत्व जिनके रोम-रोम में उतर जाए उनकी माता और अब बनने जा रह...
- अब क्या हो गया?...? अब उससे हमें कुछ लेना-देना नहीं है। अब हमें नहीं मालूम कि वह कौन आदमी है। यह क्या हो गया? पहले वही ह...
- अब क्या हो रहा है?...? अब तो तैयारी कर रहे हैं। कैसी तैयारी कर रहे हो, जरा दिखाना हमको। ऐसी तैयारी कर रहे हैं कि जो पढ़ा है,...
- अब क्या होगा?...? पढ़ाई की छुट्टी हो गई। अब क्या हो रहा है? अब तो तैयारी कर रहे हैं। कैसी तैयारी कर रहे हो, जरा दिखाना ...
- अब क्या होना चाहिए?...? अब हमारा जीवन एक ही दिशा में बढ़ना चाहिए, देवत्व की दिशा में देवत्व की दिशा में बढ़ें, तो क्या हो सक...
- अब क्या होना चाहिए?...? अब हमारा जीवन एक ही दिशा में बढ़ना चाहिए देवत्व की दिशा में। देवत्व की दिशा में बहें, तो क्या हो सकत...
- अब क्या होने वाला है?...? अब फायदा होने वाला है। पैसा, बेटा, घर, लक्ष्मी-सब फायदा होने वाले हैं। यह क्या हो गया? जादू हो गया...
- अब क्या होने जा रहा है?...? अब बेटे! प्रज्ञावतार होने जा रहा है। प्रज्ञावतार क्या है? कभी बताऊँगा, पर आज मैं कहता हूँ कि अब गायत...
- अब क्या होने जा रही हैं?...? अब बेटे! प्रज्ञावतार होने जा रहा है। प्रज्ञावतार क्या है? कभी बताऊँगा, पर आज मैं कहता हूँ कि अब गायत...
- अब क्या होने वाला है?...? देखिए हमारा बड़ा घाव बना दिया और खून निकल रहा है और हम मरने वाले हैं। दूसरी एक और तरह की शिकायत होती ...
- अब क्या होने वाला है?...? मनोकामना पूरी करना खराब बात है क्या? नहीं, खराब बात नहीं है, पर मनोकामना किस काम के लिए माँगी गई है?...
- अब क्यों रोते हैं?...? परेशान क्यों होते हैं? मित्रो! यही हालत आपकी होगी जब आप कमजोर हो जाएँगे, याद रखिए।...
- अब क्यों हारता?...? स्वतन्त्रता संग्राम की कई बार जेलयात्रा, २४ महापुरश्चरणों का व्रत धारण, इसके साथ ही मेहतरानी की सेवा...
- अब गलती का उपाय क्या है?...? बस, भगवान विष्णु गये और उन्होंने पार्वती का रूप बनाया और उसको कहा कि नाच हमारे साथ में। भस्मासुर न...
- अब घर वाले बहुत परेशान थे कि उनका पता कैसे लगाया जाय?...? संयोग से उन दिनों पूज्यवर राजनांदगाँव व दुर्ग (छ.ग.) गये हुए थे। साकुरे जी ने घर वालों से कहा-‘‘आप स...
- अब चलो देखें कि उसके बच्चा हुआ कि नहीं हुआ?...? जिन्दा है कि मर गया? उन्होंने कहा—महाराज जी! आप बैठिए, हम बुलाकर लाते हैं। मित्रो! वे लोग गये...
- अब जब वह प्रत्यक्ष प्रकाश भी बुझने जा रहा है, तो किसी दूसरे का कब किस प्रकार वह विश्वास और साहस प्राप्त कर सकेगा, जो पिछले दिनों करता रहा है?...? [सूक्ष्मीकरण साधना के दौरान युगऋषि कायारूप में लोगों से मिल जुल नहीं रहे थे। लेकिन चेतना स्तर पर वे ...
- अब जरा दिल की बात बता?...? इन सब स्त्रियों को तू देख रहा है। इनमें से ये खूबसूरत है कि वो खूबसूरत है? क्या करें? इन सबसे तुम्हा...
- अब जाइए आप नहीं साहब, हम जिस काम से आए थे, जिस मनोकामना को पूरी करने के लिए आए थे, उस मनोकामना का क्या हुआ?...? हमको पंद्रह हजार रुपए दे दीजिए। आपका बैंक में एकाउंट है? नहीं साहब! बैंक में तो कोई एकाउंट नहीं है, ...
- अब जाने तीसरे नम्बर पर क्या बनाती फिरेंगी?...? नहीं, बेटे! मैं दो ही बनाऊँगी और कुछ नहीं बनाऊँगी। ब्राह्मण तो आप सभी हैं, हम सबको ब्राह्मण मानते है...
- अब जिनकी भावनाएँ खत्म हो गयी हैं, जो थक गये हैं, जो टूट गये हैं, जो मर गये हैं, उनको अब हम कहाँ से भेज सकते हैं?...? उनको अब हम श्मशान भूमि की तैयारी के लिए उचित स्थान पर रखेंगे। डेड बॉडी को पोस्टमार्टम करने के बाद ...
- अब जिन्दा है?...? बेटे! अब तो मर गई। अब कहाँ है! मर गई वो काली। स्वामी विवेकानन्द को बहुत कमाल दिखाया था! विवेकानन्द क...
- अब तक क्या होता रहा है?...? खेल−खिलवाड़ होती रही है। अब खेल-खिलवाड़ की बातें छोड़कर हम वह काम करें, जिसमें कि वास्तविकता का ...
- अब तक आपका महत्त्वाकांक्षी जीवन, महत्त्वाकांक्षाओं को तो मैं मना नहीं करता; पर आपका मन वित्तैषणा, पुत्रैषणा और लोकेषणा—इन्हीं में तो रहा है, तो यह महत्त्वाकांक्षा नहीं है?...? यह महत्त्वाकांक्षा मत रखिए। आप लोकसेवा की महत्त्वाकांक्षा रखिए, आप आत्मा को प्रसन्न करने की महत्त्वा...
- अब तक आपको वही प्यारा लगा न दैत्य?...? लेकिन अब ऐसा मत कीजिए। अब यहाँ से जाते-जाते आप अपने आपको देवता की बिरादरी में शामिल कर लीजिए। देवता ...
- अब तक क्या है?...? अब तक वे मरे हुए हैं। आपका जप मरा हुआ है। आपका ध्यान मरा हुआ है। आपका प्राणायाम भी मरा हुआ है। त...
- अब तक जो आप उपासना करते रहे हैं, जिसको मुख से उच्चारण करना पड़ता था, जीभ से उच्चारण करना पड़ता था, वह किस चीज की बनी है?...? चमड़े की। चमड़े की जीभ क्या बोलती थी? गायत्री मंत्र बोलती थी, ‘ॐ नमः शिवाय’ बोलती थी, राम-राम बोलती थी...
- अब तक जो हानियाँ सामने आई हैं जो समस्याएँ उत्पन्न हुई हैं, उन्हीं का समाधान हाथ नहीं लग रहा है, फिर इस सबका अधिकाधिक सम्वर्धन अगले ही दिनों न जाने क्या दुर्गति उत्पन्न करेगा?...? इसका अनुमान सहज ही लगाया जा सकता है कि कुछ ही समय के वैज्ञानिक दुरुपयोग का क्या नतीजा निकला और अगले ...
- अब तुझे क्या करना पड़ेगा?...? चार बेटों को खिलाता-पिलाता है। हाँ गुरुजी, उन्हें खिलाता-पिलाता हूँ, कपड़े पहनाता हूँ। तो बेटे, पाँच...
- अब तुम क्या कर सकते हो?...? उन्होंने कहा कि मेरे पास अभी भी एक चीज जिन्दा है, जिसके द्वारा मनुष्य उन्नति किया करता है। कोई आँख से...
- अब तुम गुरुजी के साथ कंजूसी करोगे, तो वे क्यों न करेंगे?...? तुम अपने संकल्प से हट रहे हो, इसीलिए छोटे-छोटे काम अटक रहे हैं।’’ उन्होंने अपनी भूल सुधारी और पुनः 2...
- अब तुम पर निर्भर है कि तुम कितना हमारे बनते हो?...? पति-पत्नी की तरह, गुरु व शिष्य की आत्मा में भी परस्पर ब्याह होता है, दोनों एक-दूसरे से घुल-मिलकर ...
- अब तुम पर निर्भर है कि तुम कितना हमारे बनते हो?...? पति-पत्नी की तरह, गुरु व शिष्य की आत्मा में भी परस्पर ब्याह होता है, दोनों एक-दूसरे से घुल-मिलकर एक ...
- अब तुमको यह देखना चाहिए कि यह जो तप पूरा हुआ है, इससे क्या कोई प्रभाव उत्पन्न होता है?...? इसका शायद विश्वास तुम्हें भी न हो, इसलिए इसमें विश्वास कर लेना चाहिए। इसके लिए पुनरावृत्ति के रूप मे...
- अब तू कैसे गुरुदीक्षा ले सकता है?...? मित्रो! मरा हुआ शरीर बेकार है और मरा हुआ प्राण बेकार है। उसी तरह भाव सम्वेदना के बिना कर्मकाण्ड-क्रिय...
- अब तू विवाह करके क्या करेगा?...? नहीं साहब! हम तो विवाह करना चाहते हैं और न केवल विवाह करना चाहते हैं, वरन मालदार भी बनना चाहते हैं। ...
- अब तो अच्छी परिस्थितियाँ हैं, उस जमाने में तो कितनी रुकावटें थीं?...? अब तो कोई रुकावट भी नहीं है, लेकिन अब तप का गरम सा वातावरण ठंडा हो गया है। इसकी वजह से वे सब लोग, वि...
- अब तो आप ऊपर बन्द रहते हैं, जेलखाने में बन्द रहते हैं, फिर आप कैसे टहलते हैं?...? आप घड़ी लेकर के देख लीजिए, मैंने टहलना और स्वाध्याय हमेशा जारी रखा है। चाहे जो हो जाए, अभी भी हम निय...
- अब तो आप समझ गए होंगे कि वास्तविकता क्या है?...? गीता और रामायण जिसका हम यहाँ से प्रचार करते हैं, उसका हम यहाँ पर विद्यालय बनाने वाले हैं। गीता और ...
- अब तो वह कितने दाम का होता है?...? वह पैसा हमने गायत्री तपोभूमि में जमा कर दिया।यह क्या कर दिया? मित्रो! यह जादू, यह चुम्बकत्व और यह ...
- अब तो वे क्या पहनें और कैसे घर जाएँ?...? वे बहुत दुखी हुए और बोले—"अब तो सवेरा हो गया, ऐसे में नंगे घर कैसे जाएँगे? फटे हुए कपड़े पहनकर कैसे ...
- अब तो समझ में आई बात कि नहीं आई?...? अरे साहब! आप कैसी घटिया बात कह रहे हैं। घटिया बात इसलिए कह रहा था कि आपका दिमाग तो सदा यही कहता रहता...
- अब दयानन्द हँसे और बोले-समाज का आधा भाग एक पैर स्त्रियाँ रूढ़ियों की रस्सी से बाँध दी जायें तो भारतीय समाज प्रगति कैसे कर सकेगा?...? वह आदमी बहुत प्रभावित हुआ और उस दिन से स्त्रियों की समान उन्नति का समर्थक बन गया।...
- अब दास-दासियों को पकड़े और बेचे-खरीदे जाने का प्रचलन कहाँ है?...? सैकड़ों रखैल कैद रखने वाले ‘हरम’ अब मुश्किल से कहीं ढूँढ़े मिलते हैं। सती-प्रथा अब कहाँ है? छूत-अछूत...
- अब दिखाइए भगवान?...? बेटे! तेरे लिए भगवान तक पहुँचने का तरीका बता तो दिया। तेरे लिए शिक्षा दे तो दी। तेरे सिर पर जब तक पत...
- अब दिल्ली जाना है तो वह कौन सी दिशा में है?...? अच्छा दक्षिण दिशा में है। उधर तो बृहस्पति जी दिशाशूल लेकर बैठे हुए हैं। दिल्ली की तरफ गाड़ी में बैठ ...
- अब दिल्ली जाना है तो वह कौन-सी दिशा में है?...? अच्छा दक्षिण दिशा में है। उधर तो बृहस्पति जी दिशाशूल लेकर बैठे हुए हैं। दिल्ली की तरफ गाड़ी में बैठ ...
- अब दूसरे माली से पूछा गया कि आपने क्या किया बगीचे को?...? राजा सादा लिबास में थे। उसने पूछा—"इसका मालिक कौन है? कोई राजा साहब हैं। नाम मालूम है? नाम हमको मालू...
- अब देखना यह है कि आधि-व्याधियों के रूप में अशुभ कर्मों की काली छाया सिर पर घिर गई है तो उसके निवारण का कोई उपाय है क्या?...? जो कर्मफल पर विश्वास न करते हों, उन्हें भी मानवी अन्तःकरण की संरचना पर ध्यान देना चाहिए और समझना चाह...
- अब देखिए क्या होता है?...? अब एक ही स्नान रह गया है जो पहली तारीख को पड़ने वाला है। उसमें भी आप देख लेना बहुत थोड़ी-सी दस हजार की...
- अब देखो हम कैसे हैं?...? हम पिलपिले हैं। हमारे गाल पिलपिले हो गए हैं और आपके अभी कड़े हैं। आप सब बेकार आदमी हैं, हम यह सब जानत...
- अब नए जन्म में क्या करना चाहिए?...? आपकी सारी बुद्धिमानी इस बात पर टिकी हुई है कि आपने अपनी जीवन संपदा का किस तरीके से उपयोग किया। यह मा...
- अब पंचायत समितियों में जिस प्रकार झगड़ा होते हैं, हमारे शक्तिपीठों में भी हर जगह चाण्डालपन है, हमें क्या दिखता नहीं?...? क्या हमने शक्तिपीठें इसीलिए बनाई थीं, पूजा इसीलिए प्रारम्भ की थी, इसीलिए संगठन बनाया था कि आप लो...
- अब पंचायत समितियों में जिस प्रकार झगड़ा होते हैं, हमारे शक्तिपीठों में भी हर जगह चाण्डालपन है, हमें क्या दिखता नहीं?...? क्या हमने शक्तिपीठें इसीलिए बनाई थीं, पूजा इसीलिए प्रारम्भ की थी, इसीलिए संगठन बनाया था कि आप लोग अह...
- अब पेट भरने में कोई शिकायत हो सकती है क्या?...? नहीं, कोई शिकायत नहीं हो सकती। हमारी मौलिक आवश्यकताएँ थोड़ी हैं।मित्रो! मौलिक आवश्यकताओं पर जब हम विच...
- अब प्रश्न उठता है कि भगवान को हम अपना इष्ट कैसे बनाएँ?...? इसको बनाने का एक ही तरीका है कि आप जीवन में यह निश्चय कीजिए कि आपको क्या बनना है? ऊँचाई के रास्ते पर...
- अब प्रश्न यह उठता है कि यह किया किस प्रकार जाय?...? इसके दो ही उपाय हैं-(१) आत्म-विश्लेषण के द्वारा स्व सत्ता की स्थिति तथा दशा का सही बोध कराने वाली आस...
- अब प्रश्न यह रहा है कि पाँच वीरभद्रों को काम क्या सौंपना पड़ेगा और किस प्रकार वे क्या करेंगे?...? उसका उत्तर भी अधिक जिज्ञासा रहने के कारण अब मिल गया। इससे निश्चिन्तता भी हुई और प्रसन्नता भी। संसार ...
- अब बताइए आप क्या हुकुम करते हैं?...? ऊँचा सिर लेकर के भगवान के पास जाइए पर यह तभी हो सकता है, जब आप मौत का भी ख्याल रखें। मौत का ख्याल त...
- अब बताइए कि मैं कैसे जा सकता हूँ?...? घर से बाहर मैं कैसे शक्ल दिखा सकता हूँ? बेटा! जनसम्पर्क के लिए जाओगे क्या? नहीं गुरुजी! हम नहीं जाएँ...
- अब बताइये कि ईसा असफल हो गये कि सफल?...? असफल। सुकरात असफल थे कि सफल? असफल। भगतसिंह असफल हो गये कि सफल? असफल। झाँसी की रानी लक्ष्मी बाई असफ...
- अब बताइये, आपने जो भविष्यवाणी की थी, वह हमारे ऊपर लागू हुई कि नहीं?...? नहीं साहब! आप पर लागू नहीं हुई। आपने असली अध्यात्म का धंधा किया है। मित्रो! हमने असली अध्यात्म क...
- अब बाप से आपको क्या मिलेगा?...? जब नौकरी करता था, तब दिया करता था। अब तो देने लायक नहीं रहा, तो बाप की सेवा नहीं करेंगे। माँ आपकी से...
- अब भला बताइये जिस काम के कारण शुरू में ही बच्चे का खेलना बन्द हो जाए, तीन घण्टे कक्षा में कैदी के समान बँधकर बैठना पड़े, न हँस सके, न बोल सके, न कहीं इधर-उधर जा सके, पढ़ाई कुछ समझ में न आने पर मास्टर से तथा घर पर मारपीट अलग सहनी पड़े, उस काम में बच्चे की दिलचस्पी कैसे हो सकती है?...? वह तो मास्टर को एक हऊआ तथा पढ़ाई को मुसीबत समझने लगते हैं। लड़का जब घर पर कुछ शरारत करता है तो माँ-ब...
- अब भी आप कहते हैं?...? अभी तो आपने मना कर दिया था। आप फिर से कहने लगे? हाँ बेटे, मैं फिर से कहता हूँ कि गायत्री कामधेनु है ...
- अब मेरा कोई बैरी हो सकता है?...? मैं नहीं समझता कि कोई दूसरा भी मेरा बैरी हो सकता है। मथुरा के एक हजार कुण्डीय यज्ञ के विदाई समारोह म...
- अब मेरा शरीर क्या भगवान के काम में नहीं लगेगा?...? क्या मैं लोभ और मोह के बन्धन में ही बँधा रहूँगा? जटायु ने कहा कि मैं कुछ भी नहीं कर सकता। जानता ह...
- अब मेरे लिए क्या आदेश है?...? ’’ तो गुरुजी ने कहा, ‘‘बेटा! मेरा काम करोगे? तो मेरी गायत्री को घर-घर पहुँचा दो।’’ मैंने गुरुजी से प...
- अब मैं अपनी गलती सुधारता हूँ?...? नहीं बेटे, मैं नहीं सुधारता। जहाँ तक गायत्री का मनुष्य के जन्म से सम्बन्ध है, वहाँ तक मनुष्यमात्र ...
- अब मैं आपकी समझदारी के लिए क्या कहूँ?...? आप भी उस जाट की तरह हैं मित्रो! आपकी समझदारी तो मुझे ऐसी मालूम पड़ती है कि जैसे राजस्थान का एक जाट था...
- अब मैं उसको क्या जवाब दूँगा?...? "
मित्रो! आपको तरह-तरह की चीजें माँगने से पहले, तरह-तरह की फरमाइशें करने से पहले यह देखना पड़ेगा...
- अब मैं कहाँ से बोल सकता हूँ?...? अरे महाराज, आप अपने जैसा विद्वान बना दीजिए। अरे बेटा, यह ज्ञान की साधना है, अक्षरों की नकल करने से...
- अब मैं क्या करूँ?...? क्या दूँ... देने के लिये? हाँ, देने लायक जो है वो दूँगा, साहस दूँगा, धैर्य दूँगा।’’ वास्तव में मैंने...
- अब मैं क्या करूँ?...? मैं गायत्री मंत्र जपने लगा और गुरुजी को याद करने लगा। तभी मन में प्रेरणा हुई कि पीले चावल पूजा कक्ष ...
- अब मैं क्या कहूँ?...? केवल यही कह सकता हूँ कि लोहे की सलाखें गरम करके ला और आचार्य जी के चिपका दे। एक महीना जप कर लिया, बह...
- अब मैं क्या मुँह दिखाऊँगा?...? अब इंदिरा गाँधी जी से क्या कहूँगा? या तो सिंधिया को उखाड़ो या फिर हटो, किसी और को बनाते हैं। गुरुजी!...
- अब मैं जिन्दा रह करके क्या करूँगा?...? इस बुड्ढे जीवन से क्या करूँगा? अब मुझे कोई हवस नहीं है। सन्त, सुधारक और शहीद—तीन ही तो आपके यहाँ की स...
- अब मैं न जाने कहाँ जा रहा हूँ और न जाने क्या करने जा रहा हूँ?...? वह अमृत जो मैंने चार दिनों में पहली बार पिया था और वह अमृत जो चार दिन दोबारा पिया था। एक चालीस वर्ष ...
- अब मैं नहीं समझती कि आपके लिए भगवान हैं कि नहीं?...? पर मेरे लिए तो वे भगवान ही हैं। देखो, मुझे उन्होंने अपने समतुल्य बना दिया। आप उनकी वही छवि मेरे अन्द...
- अब यह अगर भगवान का भक्त हो गया तो भी मैं क्या कर सकता हूँ?...? मित्रो! भगवान की भक्ति का तरीका तो आपको मालूम होना चाहिए। सुदामा जी इच्छा लेकर के भगवान श्रीकृष्ण के...
- अब यह अगर भगवान का भक्त हो गया तो भी मैं क्या कर सकता हूँ?...? मित्रो! भगवान की भक्ति का तरीका तो आपको मालूम होना चाहिए। सुदामा जी इच्छा लेकर के भगवान श्रीकृष्ण के...
- अब यह देखना चाहिए कि आखिर हुआ क्या?...? कैसे ऐसी स्थिति आ गई? जब भगवान ने हमको इतने साधन दिए थे कि उन साधनों से हम अपना उद्देश्य पूरा कर सकत...
- अब यह देखा जाए कि यह कैसे पूरी होती हैं और कैसे पूरी नहीं होती?...? कब यह सफलता मिलती है और कब नहीं मिलती? किसी भी बीज को पैदा करने के लिए तीन चीजों की आवश्यकता होती है...
- अब यह देखा जाए कि यह कैसे पूरी होती हैं और कैसे पूरी नहीं होतीं?...? कब यह सफलता मिलती है और कब नहीं मिलती? किसी भी चीज को पैदा करने के लिए तीन चीजों की आवश्यकता होती है...
- अब यह बालक ऊँचे स्वर में पूछता है ‘‘काश्मीर किसका है?...? ’’ शेष बालक उसी प्रकार ऊँचे स्वर में एक साथ कहते हैं ‘‘हमारा है’’ इस प्रकार तीन बार प्रश्न उत्तर होन...
- अब ये कुछ काम कर सकेंगे?...? नहीं, अब ये कुछ काम नहीं कर सकेंगे। इनकी शक्ल बनी रहेगी, सूरत बनी रहेगी। इनका फोटो भी खिंच स...
- अब ये शरीर रखकर क्या करूँगा?...? ’’ और कुछ ही दिनों बाद 19 जून 1990 को बाबा ने शरीर छोड़ दिया। वन्दनीय है यह दिव्य प्रेम और वन्दनीय है...
- अब योगा में क्या होता है?...? आसन होता है। नाक में रस्सी डाल लेंगे, भीतर तक ले जाएँगे और फिर बाहर निकाल लेंगे। क्यों साहब! योगा तो...
- अब रह गए ठाकुर और कौन रह गए?...? पण्डित! पण्डित से उन्होंने कहा—पण्डितजी! तुम तो हमारे गुरु हो और तुमसे तो कुछ कहेंगे नहीं। आप तो देव...
- अब रही कुटुम्ब की समस्या?...? कुटुम्ब की समस्या का समाधान करने के लिए अपने कुटुम्बियों को उनकी मनमरजी की दौलत उनके सुपुर्द कर देने स...
- अब रही कुटुम्ब की समस्या?...? कुटुम्ब की समस्या का समाधान करने के लिए अपने कुटुम्बियों को उनकी मनमरजी की दौलत उनके सुपुर्द कर देने स...
- अब रामचन्द्र क्या करते हैं?...? "तेन राज्ञा राजक्रतुरश्वमेधः प्रकान्तः" अर्थात हे आर्य पुत्रियो! वे इन दिनों अश्वमेध यज्ञ की तैयारी ...
- अब रोते क्यों हो?...? किसी लाभ की आशा से जो अच्छा काम किया जाता है, वह तो व्यापार है, वह पुण्य थोड़े ही है।
दूसरे दिन लक्ष्...
- अब वह और ऊँची चोटी पर चढ़ता है कि मेरे पास कहीं इससे भी अधिक पूँजी तो नहीं है?...? जैसे-जैसे ऊँचा चढ़ता है वैसे ही वैसे उसे अपनी वस्तुएँ अधिकाधिक प्रतीत होती जाती हैं और अन्त में सर्व...
- अब वह कहाँ चली गई?...? वह तो मध्यकालीन युग था। उसमें आस्तिकता फिर भी थी। उस समय किसी कदर आस्तिकता का नाम-निशान तो था। राम-र...
- अब वह कहाँ चली गई?...? वह तो मध्यकालीन युग था। उसमें आस्तिकता फिर भी थी। उस समय किसी कदर आस्तिकता का नाम-निशान तो था। राम-र...
- अब वह काली है?...? नहीं, बेटे अब वह काली कहाँ से आये। वह पत्थर का खिलौना दक्षिणेश्वर के मन्दिर में अभी भी पड़ा हुआ है। ...
- अब वह किन पर शासन करेगा लाशों के ढेर पर?...? उसकी बेचैनी बढ़ती जा रही थी। सम्राट् के अन्तराल में सोई आत्म-चेतना अगड़ाइयाँ ले रही थी।वह शिविर में ...
- अब वह विचार करने लगी कि बाहर से ये लकड़हारा है, लेकिन भीतर से कितना शानदार है?...? कितना शानदार इसका कलेजा, कितना शानदार इसका दिल, कितना शानदार इसकी जीवात्मा? इसने अपने सुख और भौतिक स...
- अब वहाँ के लौह आवरण को भेद कर कोई कुछ नहीं कर सकता कि वह महान संस्कृति जो दोनों देशों को हजारों वर्षों तक सहोदर भाईयों की तरह एकता के सूत्र में बाँधे रही, किसी प्रकार जीवित रही होगी या नहीं?...?
रूस तक भारतीय संस्कृति का विकास-विस्तार
मध्य एशिया होता हुआ बौद्ध धर्म ईसा की प्रथम शताब्दी...
- अब वाराह भगवान ने कहा कि अब क्या करना चाहिए?...? वे धरती पर घूमने लगे, फिर मन में आया कि शादी कर लेनी चाहिए, सो उनने एक सुंदर सी मोटी सुअरिया से विवा...
- अब वे परिवार कहाँ रह गए हैं, जो नररत्न, महामानव, देव पुरुष उत्पन्न करके दिखा सकें?...? आज नारी बुरी तरह टूट गई है और उसके फलस्वरूप परिवार संस्था भी टूट रही है, फिर यह कैसे सम्भव हो सकता ह...
- अब श्रद्धा कैसे करेंगे?...? मिठाई खिलायेंगे? कपड़ा पहनायेंगे? ये करेंगे? वो करेंगे? व्यक्ति के साथ में जो सलूक किया जाता है, लोग ...
- अब समझ में आया कि आपका मन क्यों नहीं लगता?...? इस उपासना के भीतर और आपकी इस मान्यता के भीतर एक चीज कम पड़ गई है, इसलिए सारी गड़बड़ी हो रही ...
- अब सवाल यह पैदा हुआ कि कथा कौन कहे?...? भागवत् व्यास जी ने बनाई है, तो कथा भी वही कहें। राजा परीक्षित विचार करने लगे कि कथा व्यास जी से कहलव...
- अब सारी बातें तो आपको नहीं बताते, पर आप देख लें कि हम अपने जिन मकानों में रहते रहे हैं, उन मकानों की कीमत क्या है?...? जिन मकानों में आदमी रहेगा, सारा पैसा तो उन मकानों में लगता नहीं है। कुछ और भी तो रखता है किसी कार्...
- अब सुभाष बोस से न रहा गया और एकदम उन अंग्रेज लड़कों के सामने जाकर क्रोध से बोले- मैं भारतीय हूँ, बोलो, क्या कहते हो?...? बालक सुभाष का यह रूप देखकर अंग्रेज बालकों के होश उड़ गए और वे अपराधी की तरह कुछ नहीं बोले, तब हमारे न...
- अब सूरज किधर चलेंगे?...? अब दिल्ली जाना है तो वह कौन सी दिशा में है? अच्छा दक्षिण दिशा में है। उधर तो बृहस्पति जी दिशाशूल लेक...
- अब स्टेनो, स्टेनो कैसे रखे?...? वे (गायत्री माता) जो कहती हैं, वही मैं लिखता हूँ।’’
वह व्यक्ति गुरुजी की सहजता पर दंग होकर चला गया।...
- अब स्याम देश में क्या करना पड़ा?...? वहाँ के लोग बहुत समझदार हैं। उन्होंने कहा कि हममें से हर एक आदमी को एक साल के लिए संन्यास लेना च...
- अब हम आपको बताना चाहेंगे कि गायत्री मंत्र के ज्ञान और विज्ञान में, जिसकी कि व्याख्या स्वरूप ऋषियों ने सारे का सारा तत्त्वज्ञान खड़ा किया है, क्या है?...? गायत्री को त्रिपदा कहते हैं। त्रिपदा का अर्थ है—तीन चरण वाली, तीन टाँग वाली। तीन टुकड़े इसके हैं जिनक...
- अब हम आपको यह बताना चाहेंगे कि गायत्री मंत्र के ज्ञान और विज्ञान में जिसकी कि व्याख्यास्वरूप ऋषियों ने सारे का सारा तत्त्वज्ञान खड़ा किया है, क्या है?...? गायत्री को त्रिपदा कहते हैं। त्रिपदा का अर्थ है-तीन चरण वाली, तीन टाँग वाली। तीन टुकड़े इसके हैं, जिन...
- अब हम आपसे क्या कहें इस अकल के बारे में; लेकिन यदि यह अकल श्रद्धा उभारे तब, भावनाएँ उभारे तब?...? तो हम उनको वह शक्ति दें कि सारा संसार शान्ति पा सके, सन्तोष पा सके और प्रेरणा पा सके। इसी के लिए हम ...
- अब हम आपसे पूछते हैं कि आपकी स्त्री चौकीदारिन है कि नहीं?...? हाँ साहब है तो, क्योंकि हम तो सुबह ऑफिस चले जाते हैं, दुकान चले जाते हैं और शाम को कभी-कभी ज्यादा का...
- अब हम इसी लेखमाला के अन्तर्गत यह बताएँगे कि किस प्रकार के पाप-पुण्यों का फल कितने-कितने समय में मिलता है?...? कर्मों की तीन श्रेणियाँ तीन दुःखों का निरूपण करने के पूर्व कर्म के तीन प्रकारों को जान ले...
- अब हम उनको कहाँ रखें?...? अब हम उनको काली कमली वाले बाबा की झोपड़ी में रखेंगे। बस वह वहीं बैठा रहा करेगा। टट्टी-पेशाब कर आया ...
- अब हम उन्हें कैसे मिल सकेंगे?...? और इस भाव को लेकर वह बहुत अधिक व्याकुल हो रही थी। उसे गुरुदेव के दर्शनों की प्रबल इच्छा थी। वे प्रवच...
- अब हम कहाँ जाएँ?...? खाने को भी नहीं था और पीने को भी नहीं था। झाड़ियाँ भरी पड़ी थीं। कहाँ आफत में आ गए? विचार करने लगे क...
- अब हम कहाँ जाएँ?...? खाने को भी नहीं था और पीने को भी नहीं था। झाड़ियाँ भरी पड़ी थीं। कहाँ आफत में आ गए? विचार करने लगे कि ...
- अब हम क्या कर सकते है?...? कुंती ने कहा कि आपने अपनी जान जोखिम में डालकर हमको छिपा रखा है, तो हमारा भी तो कुछ कर्तव्य हो जाता ह...
- अब हम क्या कर सकते हैं?...? कुंती ने कहा कि आपने अपनी जान जोखिम में डालकर हमको छिपा रखा है, तो हमारा भी तो कुछ कर्तव्य हो जाता...
- अब हम क्या कर सकते हैं?...? आपके पास शक्ति का अभाव है। आप जो भी सामर्थ्य चाहें, हम आपको दे सकते हैं, लेकिन वे चीजें आपके लिए फाय...
- अब हम नहीं खाएँगे?...? हमारे पेट में दरद हो जाएगा। खुजली सेकण्डों में खतम हो गई।
मित्रो! उस सत्ता के साथ हमारा कोई संबं...
- अब हम मिठाई नहीं खाने वाले हैं, न पकौड़ी खाने वाले हैं?...? नहीं साहब! खानी पड़ेगी। नहीं भाई साहब! अब हम नहीं खाएँगे? हमारे पेट में दरद हो जाएगा। खुजली सेकण्डों...
- अब हम यह सिद्ध करेंगे कि जनेऊ क्यों पहनना चाहिए?...? जनेऊ से क्या हो सकता है? इसको हिन्दू धर्म की, हिन्दू संस्कृति की स्थापना करने के लिए और उसकी विचारणा औ...
- अब हम यह सिद्ध करेंगे कि जनेऊ क्यों पहनना चाहिए?...? जनेऊ से क्या हो सकता है? इसको हिन्दू धर्म की, हिन्दू संस्कृति की स्थापना करने के लिए और उसकी विचारणा...
- अब हम लोग क्या करें?...? जो कोई उपाय होगा, वह किया भी जाएगा। जनता करेगी, गवर्नमेन्ट करेगी, समाज से भी किया जाएगा। जो कुछ भी उ...
- अब हमको और क्या समझना पड़ेगा?...? बेटे, आपको और कुछ समझना नहीं है।...
- अब हमको कहाँ चलना चाहिए, कहाँ जाना चाहिए?...? तब रात को निकलने वाला सितारा रास्ता बताता है। सितारा! तू धन्य है सितारा कहता है कि आइए हम रास्ता ...
- अब हमारा क्या होगा?...? यह सब सुनकर मैंने राहत की साँस ली और कहा कि आप थोड़ी देर आराम से बैठ जाइये। आपकी बीमारी तो दूर हो ज...
- अब हमारा क्या होगा?...? उन्होंने हाथ उठा करके उनके सिर के ऊपर रखा। उन्होंने देखा कि सारी-की-सारी जमीन घूमने लगी और सूरज के त...
- अब हमारा जीवन एक ही दिशा में बढ़ना चाहिए, देवत्व की दिशा में देवत्व की दिशा में बढ़ें, तो क्या हो सकता है?...? तब बेटे! हमारा देवपूजन का उद्देश्य पूरा हो सकता है। हम आपको देवपूजन की सारी प्रक्रियाएँ केवल इस मकसद...
- अब हमारे जीवन के ऊपर किसकी हुकूमत है?...? अब हमारे ऊपर गायत्री माता की हुकूमत है; विवेकशीलता की हुकूमत है; आदर्शवादिता की हुकूमत है। विवेकशीलत...
- अब हमारे जीवन के ऊपर किसकी हुकूमत है?...? अब हमारे ऊपर गायत्री माता की हुकूमत है; विवेकशीलता की हुकूमत है; आदर्शवादिता की हुकूमत है। विवेकशीलत...
- अब हमारे दिमाग के ऊपर किसकी हुकूमत है?...? अब हमारे जीवन के ऊपर किसकी हुकूमत है? अब हमारे ऊपर गायत्री माता की हुकूमत है; विवेकशीलता की हुकूमत ह...
- अब हमारे दिमाग के ऊपर किसकी हुकूमत है?...? अब हमारे जीवन के ऊपर किसकी हुकूमत है? अब हमारे ऊपर गायत्री माता की हुकूमत है; विवेकशीलता की हुकूमत ह...
- अब हमें क्या करना चाहिए?...? बेटे, जैसे हमने किया था। मैट्रिक तक हमारे बाप ने पढ़ाया था, फिर हमने नौकरी की और अपने आप पढ़े। आप भी...
- अब है कोई राजा?...? पच्चीस साल में सब तबाह हो गए। जागीरदार और जमींदार देखे हैं आपने, न देखे हों तो राजस्थान चले जाइए। वह...
- अबकी बार बड़ी जोर से करेंगे?...? सौ कुण्ड का यज्ञ करेंगे। मित्रो, यज्ञ करने का निर्धारण होने के बाद चलते समय मैंने उनसे कहा कि जाने से...
- अबकी बार यह आपसे संकल्प करने के लिए कहते हैं कि आप क्या करेंगे?...? अब जो यज्ञ होंगे, उनमें आप लोगों को एकत्रित होकर के सामूहिक रूप से संकल्प लेने की उम्मीद और अपेक्षा ...
- अब्राहम लिंकन दक्षिण अमेरिका में प्रचलित गुलाम प्रथा के पक्षधरों की कट्टरता और कठोरता को देखते हुए शंकाशील ही बने रहे कि इतना कठिन कार्य न जाने कितनी देर में, कितनी कठिनाई से पूरा हो सकेगा?...? किन्तु प्रवाह कुछ इस प्रकार उल्टा कि दास प्रथा का अन्त ही हो गया और इसके लिए उतना बल प्रयोग नहीं करन...
- अभाव कहाँ है?...? जमीन में से कितना सारा अनाज पैदा होता है। अभाव कहाँ है? कैसी अच्छी हवा चला करती है। अभाव किस चीज क...
- अभाव किस चीज का है?...? ढेरों पानी भरा पड़ा है। कपड़े के लिए जमीन ढेरों की ढेरों रुई पैदा कर देती है। फिर अभाव किस चीज का ...
- अभाव रहने से क्या हो जाता है?...? हमारे शारीरिक मशक्कत का जो थोड़ा सा लाभ मिलना चाहिए, वही मिलता है। लेकिन जो उसके अन्दर विशेषता होनी...
- अभावग्रस्त स्थिति में पौष्टिक आहार, अनुकूल विहार कैसे मिलें?...? ऐसी दशा में भी जिस महिला को बार-बार प्रजनन का भार वहन करना पड़ेगा वह अपनी स्वस्थ काया सम्पदा को क्रमश...
- अभिनेता कौन होता है?...? जैसे फिल्मों में कोई बादशाह बन जाता है, तो कोई कुछ बन जाता है। आप भी बादशाह बन सकते हैं। हिन्दुस्तान...
- अभिभावकों और पूर्वजों के प्रति कृतज्ञता का प्रदर्शन कौन करता है?...? मात्र मनुष्य ही है जिसे कर्मठता-विचारणा जैसे प्रत्यक्ष दैवी वरदान मिले हैं, इसके लिए प्यार, करुणा उल...
- अभिभावकों के घर लड़की ने जितनी योग्यता और सम्मान अर्जित किया है, उससे आगे की प्रगति का क्रम जारी रखने का उत्तरदायित्व ससुराल वालों को क्यों नहीं निभाना चाहिए?...? विवाहित होने के बाद प्रगति के सभी अवसर छिन जाने और मात्र क्रीतदासी की भूमिका निभाते रहने तक ही उसे क...
- अभी असली बात कौन सी रह गयी है?...? हाँ साहब! असली रह गयी है। असली बताइये। आप असली क्या चाहते हैं—रुपया? हाँ साहब! असली बात है रुपया। अस...
- अभी आप किसका नाम ले रहे थे?...? नाम तो हम रामचंद्र जी का ले रहे थे। मेरी समझ से आपने गलती कर दी। आपको रावण का जप करना चाहिए था। क्या...
- अभी आप किसका नाम ले रहे थे?...? नाम तो हम रामचंद्र जी का ले रहे थे। मेरी समझ में आपने गलती कर दी। आपको रावण का जप करना चाहिए था। क्य...
- अभी आप नहीं सुन रही हैं तो फिर पीछे कौन सुनेगा?...? बेटे! अब भी हम ही सुनते हैं और पीछे भी हम ही सुनेंगे। जो कुछ भी आपके लिए हम कर सकते हैं, वह पूरा करन...
- अभी आपका क्या बिगड़ा है?...? थोड़े से ही मुझे ऐसे दिख रहे हैं, इनके बाल सफेद हो गए हैं, बाकी के सब हट्टे-कट्टे जवान दिखाई पड़ रहे...
- अभी आपका भीतर वाला हिस्सा जब किसी को सलाह देगा तो कैसी सलाह देगा?...? जैसे आप हैं। आप बढ़िया सलाह नहीं दे सकते, क्योंकि सलाह के समय में आप स्टेज की बात भूल जाएँगे। स्टेज ...
- अभी आपका भीतर वाला हिस्सा जब किसी को सलाह देगा तो कैसी सलाह देगा?...? जैसे आप हैं। आप बढ़िया सलाह नहीं दे सकते, क्योंकि सलाह के समय में आप स्टेज की बात भूल जाएँगे। स्टेज ...
- अभी आपकी कितनी आयु हो सकती है?...? बेटे, हमको मालूम नहीं है, कहीं ट्रांसफर हो गया तो अलग बात है। बेटे शरीर का जहाँ तक ताल्लुक है, हमारे...
- अभी आपको पढ़ाने से क्या फायदा है और आपको बताने की क्या जरूरत है?...? हम आपकी महत्त्वाकाँक्षाएँ, आपकी इच्छाएँ, आपकी नब्ज़ रोज देखते रहते हैं कि आप क्या माँगना चाहते ह...
- अभी इस साल कितनी महँगाई है, आपको मालूम है?...? महँगाई के मारे सामान्य आदमी का सौ में से निन्यानवे आदमियों का कचूमर निकल रहा है। यह एक मुसीबत इस समय...
- अभी एक लड़का आया अमेरिका का, वह लिपट कर रोने लगा, पहले तो मैं कुछ कहने लगी, बेटा रहने दे गुरुजी तो साथ रहते हैं, ऐसा कैसे समझता है?...? वास्तव में हैं भी, वास्तव में हम समझते हैं कि हम गुरुजी से जुड़े हैं, पर आपको कुछ त्याग करना पड़ेगा।...
- अभी एक ही बजा है क्या?...? अच्छा! अच्छा! ठीक है।’’
हम 10-11 बजे के लगभग कभी गुरुजी के पास जाते तो कभी-कभी वे लेख लिख रहे होते।...
- अभी और आपका बचा हुआ समय है, उसके बारे में बताइए?...? जब तक हमारा शरीर है, तब तक व्यक्ति के ही नहीं, समाज के निमित्त हमारा रोम-रोम लगेगा—यह हमारा संकल्प ह...
- अभी और कौन हैं, जहाँ आप जाएँगे?...? बेटे, अस्सी करोड़ मुसलमान हैं, सम्भव है, मुझे वहाँ जाना पड़े। क्या आप वहाँ भी यही हिंदुओं की तरह क्रा...
- अभी और कौन हैं, जहाँ आप जाएँगे?...? बेटे, अस्सी करोड़ मुसलमान हैं, सम्भव है, मुझे वहाँ जाना पड़े। क्या आप वहाँ भी यही हिंदुओं की तरह क्रां...
- अभी और गालियाँ दूँ?...? इसे अभी और गालियाँ देने दीजिए मुझे। बेटे, आप और हम में से ही वे आदमी हैं जालिम और जाहिल। मैंने थोड़े ...
- अभी और जरूरत है?...? हाँ बेटे! अभी और जरूरत पड़ गई। क्या जरूरत पड़ गई? ये जरूरत पड़ गई कि भगवान के कामों के लिए अर्थात लोकहि...
- अभी और बताइए?...? अभी और बताता हूँ। अभी याद कर लेने दीजिए-डॉ ० राधाकृष्णन, जाकिर हुसैन। अभी और बताइए अभी और बताएँगे। य...
- अभी और बताइए?...? अभी और बताता हूँ। अभी याद कर लेने दीजिए—डॉ. राधाकृष्णन, जाकिर हुसैन। अभी और बताइए अभी और बताएँगे। ये...
- अभी और बताऊँ आपको?...? गुणों के हिसाब से दुनिया में जितने भी आदमी आज तक विकसित हुए हैं, उन्हें किसी भी क्षेत्र में सफलता मि...
- अभी और बताता हूँ किसने पा लिया?...? नरसी मेहता का नाम आपने सुना है? नरसी मेहता गुजरात में रहते थे और भगवद् भजन के साथ जनकल्याण में जुटे ...
- अभी कल-परसों झगड़े हुए थे वो दिखाई नहीं पड़े?...? संसार में जितने भी युद्ध हो चुके है और बिना युद्धों के कितनी लड़कियाँ जल जाती है? आपने नहीं पढ़ते अखबा...
- अभी कितनी और पूँजी इस गोरखधन्धे में लगानी पड़ेगी?...? वह आयेगी कहाँ से?आत्म रक्षा को महत्त्व देने वाली समर-नीति समझौतों की चर्चा की इजाजत नहीं देती। पुरान...
- अभी कुछ ही दूर चला था कि बिच्छू ने डंक मार दिया कछुए ने पूछा-यह क्या किया?...? बिच्छू बोला-यह तो मेरा स्वभाव है। कछुए ने कहा-अच्छा हुआ मैंने अपने को सुरक्षित किया हुआ है, पर तेरे ...
- अभी कैसा था कपड़ा?...? मैला-कुचला। उल्टा-सीधा सीम बँटी हुई थी। नील लग करके आ गई। टिनोपाल लग करके आ गया। ये क्या चीज है। ये ...
- अभी क्या बता सकता हूँ?...? आप अपना काम ईमानदारी से कीजिए, यही क्या कम है। जो आपके ऊपर जिम्मेदारियाँ हैं, वे ही काफी हैं।
मि...
- अभी क्या होगा?...? यह तक तो हमें मालूम नहीं है, फिर भविष्य का क्या पता? कुछ पता नहीं। आज- कल तनिक- तनिक से सुख के लिए...
- अभी क्यों नहीं मिले?...? नहीं साहब ! भगवान तो धर्म लोक में रहता है, बैकुंठ लोक में रहता है। चलिए, हम आपको दूसरा फायदा करा दें...
- अभी क्यों नहीं मिले?...? नहीं साहब! भगवान तो धर्मलोक में रहता है, बैकुंठ लोक में रहता है। चलिए हम आपको दूसरा फायदा करा दें और...
- अभी जो आंध्र में तूफान आया था, आपको मालूम है?...? नहीं साहब! हमें तो पता ही नहीं है। बेटे! यह विनाशलीला है, जो हर जगह आए दिन होती रहती है। नेचर नाराज ...
- अभी जो आपकी एक महीने से जो आप लोग हैं या अभी आए हैं, इतनी कठिनाइयाँ आई हैं, आपके सामने क्या-क्या आन्दोलन चल रहे हैं, किन-किन कठिनाइयों का सामना करके आप आए हैं?...? जो गाड़ी २४ घण्टे में आती है वह ६०-६१ घण्टे में आए हैं, यह क्या बेटे जरा बताना? यह बीज है उस व्यथा क...
- अभी जो गोला-बारूद बनाया जा रहा है, अस्त्र-शस्त्र बनाये जा रहे हैं उसके स्थान पर अगर ट्यूबवेल बनायी जाए तो मनुष्य को कितना फायदा होगा?...? इस प्रकार हर गाँव में खुशहाली आ सकती है। अगर हम युद्ध के खर्चे को बन्द कर दें तो अभी जितनी अकल और पै...
- अभी जो तीन पूर्णाहुति जो हमारी हैं, वे कौन-कौन सी हैं?...? एक पूर्णाहुति वह जो गुरुजी ने तीन वर्ष तक तपश्चर्या की। सूक्ष्मीकरण की तपश्चर्या किसके लिए की? अरे ब...
- अभी तक हम क्या करते रहे?...? प्रचार के लिए, प्रशिक्षण के लिए यज्ञ करते रहे। दुकान पर से समिधाएँ ले आइए, टाल पर से ले आइए और दुकान...
- अभी तक हम क्या करते रहे?...? प्रचार के लिए प्रशिक्षण के लिए यज्ञ करते रहे। दुकान पर से समिधाएँ ले आइए टाल पर से ले आइए और दुकानदा...
- अभी तक हमारी समझ में नहीं आया कि वो भगवान् थे, तो उन्होंने बालि को छिपकर क्यों मारा?...? अभी तक हमारे दिमाग की समझ में नहीं आया और अभी तक हमारी अकल ने मंजूर नहीं किया है कि रामचन्द्रजी का ...
- अभी तो आंध्र में तूफान आया था, क्या आपको मालूम है?...? नहीं साहब ! हमें तो पता ही नहीं है। बेटे ! यह विनाशलीला है जो हर जगह आए दिन होती रहती है। नेचर नाराज...
- अभी तो आप अस्सी हजार रुपये दे रहे थे और अब आप सोचकर अस्सी रुपये भी किराये के नहीं दे रहे हैं?...? अरे भाई! जब नौकरी आएगी, तब दूँगा। क्यों? अभी तो कर्ण बन रहे थे। कर्ण तो इसलिए बन रहे थे कि वह गवर्नम...
- अभी तो आप उनका गलत कामों के लिए इस्तेमाल करते हैं, पर जिस दिन आप सही इस्तेमाल करने लगेंगे, पायेंगे कि आपके भीतर कितनी शान्ति, कितना सन्तोष, कितनी क्षमता, कितनी प्रतिभा विकसित होती है?...? जिस दिन आपके भीतर यह क्षमता और प्रतिभा विकसित होगी, उस दिन मैं आपसे वायदा करता हूँ कि देवता आपकी सहा...
- अभी तो आप कह रही थीं कि दीपयज्ञ बन्द करने हैं, फिर महायज्ञ कैसा करना है?...? बेटे! महायज्ञ का समय आ गया है और अभी से आपको उस महायज्ञ के लिए पूर्णतया तैयार होना है।
बेटे! मैंन...
- अभी तो आप प्रणाम करते हैं, पाँव छूते हैं और कितने भावविभोर हैं और तब?...? तब बेटा! जिधर को जाएगा, उधर ही गुरुजी-माताजी दिखाई पड़ेंगे और अगर न माने, तू देख लेना, अभी से आजमाना...
- अभी तो आप मालदार हैं, किन्तु पहले जमाने में कौन मालदार था?...?
मित्रो! अभी आपके पास रेलगाड़ियाँ हैं, लेकिन बाप-दादों के पास बैलगाड़ियाँ थी। बैलगाड़ियों से चलकर हरिद...
- अभी तो आपको बहुत कुछ बनाना बाकी है, अभी कहाँ हैं आप इस लायक?...? अभी हम कहते हैं कि बेटे! जिम्मेदारियाँ सँभालो। गुरुजी के जो उत्तरदायित्व हैं, उनके ऊपर जो वजन है, उस...
- अभी तो इसके कुछ भी लक्षण दिखाई नहीं देते?...? ’’ गुरुजी ने कहा-‘‘तुम लोग क्या समझते हो? क्या मैं केवल शान्तिकुञ्ज में ही निवास करता हूँ, या कहीं औ...
- अभी तो चौबीसों घण्टे आपकी अकल एक ही बात के सपने देखती रहती है, कि लोभ-मोह की पूर्ति कैसे हो?...? सारी की सारी अकल, सारी की सारी इच्छाएँ-आकांक्षाएँ उसी काम में लगी रहती हैं। क्या आप इसे खाली नहीं कर...
- अभी तो तू पाँव की उँगली जैसा भी नहीं बन सकता है, तो तू बता मेरे बराबर कैसे शक्तिशाली बनेगा?...? शक्तिशाली तो तब बनेगा, जबकि सारी-की-सारी अहन्ता को हटा देगा।
दो नहीं, एक हैं हम
अपने लोभ, प्रलोभ...
- अभी तो देखते जाओ, हमारे घरों में ये कौन पैदा होते हैं?...? हमारे घरों में चोर, डकैत, जुआरी, शराबी जन्म लेंगे और मैं आपसे क्या कहूँ? राक्षस जन्म लेंगे। आप देख ल...
- अभी तो नहीं एक सप्ताह बाद आना, तब मैं आपको बताऊँगा कि गुड़ खाना चाहिए कि नहीं खाना चाहिए?...? अभी तो मैं बताने की स्थिति में नहीं हूँ। जब एक सप्ताह बाद वह महिला आई, तो उसने कहा कि बच्चे पर यह क्...
- अभी तो भूख भी नहीं है, हम क्यों उठेंगे?...? बस, टाँग चौड़ी करके शेर पड़ा रहता है। उठिए तो सही, सवेरा हो गया। चल, जब हमको भूख लगेगी तब उठेंगे। उस...
- अभी तो यह बताता हूँ कि पारस किसे कहते हैं?...? पारस उसे कहते हैं जिसके स्पर्श से जो चीज जैसी हो, वैसी न रहकर के बेशकीमती हो जाए। लोहा कम कीमत का हो...
- अभी तो हम इसकी भूमिका बता रहे हैं, कल से मैं आपको बताऊँगा कि इन पाँचों योगों का सम्मिश्रण हमने किस तरह से किया हुआ है?...? गायत्री उपासना में ध्यान के द्वारा मन को एकाग्र करने के लिए जो पहला उसूल आता है, उसको हमने आपको पहले...
- अभी तो हम उसका मूलभाव समझा रहे हैं और यह बता रहे हैं कि ध्यान क्या है?...? ध्यान के दो भाग
मित्रो! ध्यान को हम दो हिस्सों में बाँट देते हैं। एक हिस्सा वह है जो हमारे च...
- अभी तो हमारी इतनी जिम्मेदारियाँ हैं, हम कैसे पीछे हटेंगे?...? अभी हम पीछे नहीं हटेंगे। आप लोगों को अभी तो हमें बहुत बनाना है, अभी तो आप अनगढ़ हैं। अभी तो किस मेहन...
- अभी तो हमारे बेटे, पोते हो पाए हैं, अभी तो परपोते होंगे तब तुझे गिनाएँगे कि कितने हैं?...? ।
महाराज जी! ये कहाँ हैं आपके? इनमें से तो कोई कायस्थ है, कोई बनिया है। अरे बेटे! इसलिए कि इन...
- अभी तो हमारे बेटे, पोते हो पाए हैं, अभी तो परपोते होंगे, तब तुझे गिनाएँगे कि कितने हैं?...? महाराज जी! ये कहाँ हैं आपके? इनमें से तो कोई कायस्थ है, कोई बनिया है। अरे बेटे! इसलिए कि इन्हें हम अ...
- अभी न तो यह पता है कि हम कहाँ से आए हैं और कहाँ जा रहे हैं?...? अपना लक्ष्य भुला बैठे, दिशा भुला बैठे। मेले में इस कदर मशगूल हो गए कि तमाशा देखा तो तमाशे वाले के पा...
- अभी नहीं फिर कब?...? अब? नहीं, अभी नहीं अब दो वर्ष बाद। नहीं, अभी नहीं। तो साहब छह वर्ष बाद, नहीं साहब अभी नहीं। ये सब दी...
- अभी फिलहाल हम आपको पंद्रह-पंद्रह दिनों के लिए छोटी सी ट्रेनिंग दे करके भेजते हैं, ताकि देखें कि आप कुछ करने की स्थिति में हैं कि नहीं?...? नहीं साहब! ज्यादा समय के लिए भेज दीजिए। ज्यादा समय के लिए नहीं भेजेंगे। ज्यादा समय के लिए भेजेंगे तो...
- अभी फिलहाल हम आपको पंद्रह-पंद्रह दिनों के लिए छोटी सी ट्रेनिंग दे करके भेजते हैं, ताकि देखें कि आप कुछ करने की स्थिति में हैं कि नहीं?...? नहीं साहब! ज्यादा समय के लिए भेज दीजिए। ज्यादा समय के लिए नहीं भेजेंगे। ज्यादा समय के लिए भेजेंगे तो...
- अभी बेटे आप क्या करना चाहते हैं?...? दावत करना चाहते है। छोटी बेबी की तरह जो कहती है कि हम दो पैसे दावत करेंगे और ब्याह करेंगे। बेटी! द...
- अभी भी आप देखेंगे कि हरिद्वार का, ऋषिकेश का, हर की पौड़ी का क्या हाल होता है?...? लाखों आदमी आते हैं। पिछले साल भी आए थे, तब भी महँगाई थी। इस साल भी आने वाले हैं। आगे और भी ज्यादा आन...
- अभी भी आप भजन का मतलब नहीं समझे क्या कि भगवान आपसे क्या अपेक्षा रखता है?...? अगर आपका ख्याल यह है कि भगवान इनसान से यह चाहता है कि उसका नाम जपा जाए और उसे छोटे-छोटे उपहार दिए जा...
- अभी भी लोग दाँतों तले उँगली दबा कर यह कहते हैं कि इतना विशाल आयोजन, इतनी इतनी भव्यता, पत्रिका का इतना विशाल पाठक क्षेत्र इतनी अनुशासित टीम आपके लिए खर्च कहाँ से आता है?...? अरे आपको मालूम पड़ गया तो आप भी चले जाएँगे, आप को क्यों बता दें, हमारी बैंक कहाँ की है? बैंक में लाख...
- अभी भी लोग हमसे बार-बार पूछते हैं कि आप राजसत्ता से दूर क्यों हैं?...? बेटे राजसत्ता से राजतंत्र से उसके घपलों से हमारा कोई ताल्लुक नहीं है। हम उन लोगों में से हैं, जो यह ...
- अभी भी समय हे सँभल जाने के लिए कि जब भी हमारे बच्चे हमसे बहस करने आयेंगे और प्रश्न करेंगे कि बताइए शिखा क्या है?...? तो हमको उन्हें एक घण्टा समय देना पड़ेगा और बराबर बताना पड़ेगा कि शिखा का मतलब क्या है? मकसद क्या है? उ...
- अभी भी समय है सँभल जाने के लिए कि जब भी हमारे बच्चे हम से बहस करने आएँगे और प्रश्न करेंगे कि बताइए शिखा क्या है?...? तो हमको उन्हें एक घण्टा समय देना पड़ेगा और बराबर बताना पड़ेगा कि शिखा का मतलब क्या है? मकसद क्या है? उद...
- अभी मैं आपको बताने वाला हूँ कि बन्धन किसे कहते हैं?...? मुक्ति कहाँ होती है? बेटे! मुक्ति वहाँ होती है—ग्यारह-उन्नीस मील लम्बी दूरी पर। और स्वर्ग कहाँ है? स्...
- अभी मैं आपसे क्या कह रहा था?...? यह कह रहा था कि आदमी के भीतर प्रभाव डालने की क्षमता और कशिश पैदा करने की और लोगों को प्रभावित करने...
- अभी मैं कैसे जा सकता हूँ?...? ’’
ज्वाला जी ने कहा, ‘‘जाना है तो बहाना मत मारो। कपड़े मेरे पहन लेना, घर में खबर, मैं किसी के द्वारा...
- अभी मैं जा रहा हूँ क्या?...? हाँ। अभी मैं बैखरी वाणी को बन्द कर रहा हूँ और परा, पश्यन्ति और मध्यमा वाणी को फिर काम में ला रहा हूँ...
- अभी मैं देखना चाहता हूँ कि लोभ को त्यागने के बाद आदमी के भीतर जो मैग्नेट पैदा होता है, जो कशिश पैदा होती है, वह मेरे भीतर पैदा हुआ कि नहीं हुआ?...? वह अभी भी जिन्दा है कि नहीं? अभी आप मुझे अपने आपका इम्तहान लेने दीजिए। मैंने किसी से नहीं माँगा। उ...
- अभी मैं बताता हूँ कि उपासना कैसे की जाती है?...? उपासना ऐसे की जाती है, जैसे कि अपने शरीर को पहलवान अभ्यास द्वारा मजबूत बना लेता है। कमजोर वाला आदमी ...
- अभी मैं बताता हूँ कि उपासना कैसे की जाती है?...? उपासना ऐसे की जाती है जैसे कि अपने शरीर को पहलवान अभ्यास द्वारा मजबूत बना लेता है। कमजोर वाला आदमी ज...
- अभी मैं बताता हूँ कि बिना हत्या के भी माँस मिल सकता है?...? कैसे? सरल रास्ता ढूँढ़ते हैं आप! वे बकरी का मुँह बाँध देते हैं, जिससे वह चिल्लाती नहीं है, तो हत्या क...
- अभी यह बात हो ही रही थी कि उसका पुत्र पढ़कर लौटा उसने माँ के पैर छूकर कहा-माँ आज भी मैंने अपना पाठ ठीक तरह पढ़ा लाओ कुल्हाड़ी अब लकड़ियाँ ले आऊँ?...? कपिल बच्चे के संस्कारों से बड़े प्रभावित हुए उन्होंने कहा-सचमुच संस्कारवान् पुत्र और रत्न में कोई अन्...
- अभी यहीं से जाने के लिये कौन-कौन तैयार है?...? ’’
कहाँ जाना है? क्या करना है? अभी यह बात स्पष्ट नहीं थी। बात, सिर कटाने की थी, सो घर से परमीशन की...
- अभी हम आपको प्रारम्भिक शिक्षा इसलिए दे रहे हैं कि क्या आप अपना संशोधन कर सकते हैं?...? क्या आपके लिए ऐसा सम्भव है? क्या आप अपना चिन्तन और अपने विचार बदल सकेंगे? यदि हाँ, तो हम आपको शक्ति दि...
- अभी हम आपको प्रारम्भिक शिक्षा इसलिए दे रहे हैं कि क्या आप अपना संशोधन कर सकते हैं?...? क्या आपके लिए ऐसा सम्भव है? क्या आप अपना चिन्तन और अपने विचार बदल सकेंगे? यदि हाँ तो हम आपको शक्ति दिल...
- अभी हम किसकी शरण में रह रहे हैं?...? अपने देवत्व की शरण में नहीं, अनाचार की शरण में, वासनाओं की शरण में, तृष्णाओं की शरण में, अहंकार की श...
- अभी हम मरे हैं क्या?...? नहीं बेटे, हम बिलकुल जिन्दा हैं और अभी बहुत दिनों तक जिन्दा रहेंगे। अगर हम मरें भी, तो पाँच गुने होक...
- अभी हमने इतने कार्यकर्ता बुलाए हैं और जो 500 कार्यकर्ता हमारे यहाँ रहते हैं, इनको भावना कौन देगा?...? इनको प्यार कौन देगा, इनको बनाएगा कौन? अभी तो हमारी इतनी जिम्मेदारियाँ हैं, हम कैसे पीछे हटेंगे? अभी ...
- अभी हमारा दिल धड़क रहा है, कल हमारी मौत आ जाय, कौन जानता है?...? मित्रो! उस राजा को तो इंतजार भी था कि पाँच वर्ष तक उसी राज्य में रहना पड़ेगा, किन्तु हम और आप...
- अभी हमारे माता पिता का कर्ज हमारे ऊपर रखा हुआ है, अभी हम शादी कैसे कर सकते हैं?...? सावित्री ने कहा --तुम कुछ और नहीं कर सकते क्या? पैसा नहीं कमा सकते? पैसे कमा करके हम क्या करेंगे? कर...
- अभी हमारे माता-पिता का कर्ज हमारे ऊपर रखा हुआ है, अभी हम शादी कैसे कर सकते हैं?...? सावित्री ने कहा—तुम कुछ और नहीं कर सकते क्या? पैसा नहीं कमा सकते? पैसा कमा करके हम क्या करेंगे? कर्त...
- अभ्रक जला रहे हैं?...? देखना जब यह शीशी में बन्द हो जाएगा तो लोगों के लिए क्या काम करेगा। हाँ बेटे! हकीम जी की बात को हम समझ...
- अभ्रक भस्म कैसे बनाते हैं?...? गटापार्चा, जो छदाम भर का होता है, दो पैसे का होता है, उसको हम जलाते हैं और जलाने के बाद में अभ्रक भस...
- अभ्रक भस्म, लोहा भस्म, सोना भस्म, चाँदी भस्म, मकरध्वज—ये सब क्या चीज हैं?...? ये ऐसे भस्म और रसायन हैं कि जिसमें पदार्थों को जलाकर के, गरम करके तपाने के बाद में उनकी शक्ति को उछा...
- अमीर आदमी रेशमी कपड़े पहन सकता है तो कौन खास बात है?...? और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है तो कौन सी खास बात है? आदमी में एक कानी-कौड़ी के बराबर भी को...
- अमीर आदमी रेशमी कपड़े पहन सकता है और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है और कौन खास बात है?...? आदमी के स्तर पर कुछ फर्क नहीं जाता है। एक कानी कौड़ी के बराबर भी। मनुष्य का स्तर जब आदमी का बढ़ता है, ...
- अमीर आदमी रेशमी कपड़े पहन सकता है तो कौन खास बात है?...? और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है तो कौन सी खास बात है? आदमी में एक कानी-कौड़ी के बराबर भी कोई ...
- अमीर घर में क्या करती है?...? अमीर घर में बैठी रहती हैं। उसे कोई काम नहीं करना पड़ता। अच्छा, बेटे यह अकर्मण्यता दरिद्रता का प्र...
- अमीर हो तो क्या?...? गरीबी से आदमी का क्या बनता-बिगड़ता है? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है और गरीबी में मक्का की रोटी...
- अमीर हो तो क्या?...? गरीबी से आदमी का क्या बनता-बिगड़ता है? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है और गरीबी में मक्का की रोटी ...
- अमीर हो तो क्या?...? गरीबी से क्या बनता-बिगड़ता है? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है, गरीबी में मक्का की रोटी खा सकता है...
- अमीरी प्रदर्शन के प्रेत-पिशाच का उन्माद सिर से उतरने ही नहीं देता?...? इस मूर्छना के रहते उठने, आगे बढ़ने और उपलब्ध क्षमताओं के सदुपयोग का उत्साह उभर ही नहीं पाता। इस मानस...
- अमीरी भी होगी और हम दान करेंगे?...? नहीं बेटे, तू ढोंग करेगा। लोगों के ऊपर छाप डालेगा कि हम बड़े अमीर हैं, हम बड़े दानी हैं। धर्मशाला पर...
- अमुक को मार डालेंगे, हत्या कर डालेंगे, ये क्यों सोचते हैं?...? ये मत सोचिये। आप दृष्टिकोण को बदलिये न। जो कुछ भी आपके पास मिला हुआ है वो कम नहीं है, बहुत मिला हुआ ...
- अमुक चीज कैसी होती है?...? विना इस जानकारी के आप ऐसे ही करेंगे आपरेशन, पेट को चीर डालेंगे, सुई-धागे से सी डालेंगे तो आप भी मरें...
- अमुक चीज कैसी होती है?...? बिना इस जानकारी के आप ऐसे ही करेंगे आपरेशन, पेट को चीर डालेंगे, सुई-धागे से सी डालेंगे तो आप भी मरें...
- अमुक बात कैसी होती है?...? मेहमान किसे कहते हैं? अतिथि घर में कैसे आते हैं? पैसे की देख-भाल कैसे रखी जाती है? घर और सामान की व्...
- अमुक बात कैसे होती है, मेहमान किसे कहते हैं?...? अतिथि घर में कैसे आते हैं? पैसे की देखभाल कैसे रखी जाती है? घर और सामान की सुव्यवस्था को किस तरीके स...
- अमुक बात सिखायी गयी थी, इसके मुकाबले में ये क्या?...? तीन बार आचमन कर लो, तीन बार क्या मैं तीन गिलास पानी पी जाऊँ, तीन बार से क्या होगा? मैंने कहा—वाह! ये...
- अमृत कहाँ रहता है?...? बेटे, केवल हमारी भावनाओं में रहता है। हमारी भावनाओं में कभी-कभी कोई चिंगारी उठती दिखती है और हमा...
- अमृत किसे कहते हैं?...? आत्म ज्ञान को कहते हैं, आदर्शवाद को कहते हैं, उत्कृष्टता को कहते हैं, ईश्वर विश्वास को कहते हैं। अगर...
- अमृत किसे कहते हैं?...? आत्मज्ञान को कहते हैं, आदर्शवाद को कहते हैं, उत्कृष्टता को कहते हैं, ईश्वर-विश्वास को कहते हैं। अगर ...
- अमृत, गुरु जी ऐसा होता है क्या?...? अमृत मेरे ख्याल से ऐसा तो नहीं होता है। क्यों? अगर इस दुनिया में अमृत होता और थोड़े-से भी आदमियों को ...
- अमेरिकन नागरिक कितने मालदार हैं?...? औसत नागरिक की आमदनी दो हजार रुपया मासिक है। औसत से क्या मतलब है? औसत आमदनी से यह मतलब है कि आप, आपकी...
- अमेरिकन नागरिक कितने मालदार हैं?...? औसत नागरिक की आमदनी दो हजार रुपया मासिक है। औसत से क्या मतलब है? औसत आमदनी से यह मतलब है कि आप, आपकी...
- अमेरिका का किस्सा सुनाऊँ?...? शिकागो के किस्से सुनाऊँ, जहाँ वे गये थे और हिन्दू संस्कृति के बारे में सारी दुनिया को पुनर्विचार करन...
- अमोनिया किसे कहते हैं?...? नौसादर को कहते हैं। बेटे, लोग लिक्विड नौसादर से कुल्ला करते हैं। लिक्विड नौसादर से पानी पीते हैं। ...
- अमोनिया क्या होता है?...? अमोनिया, बेटे! नौसादर को कहते हैं। जरा-सा नौसादार नाक में लगा दो, छींक आ जाती है। सारे मंगल ग्रह में...
- अम्मा क्या करें?...? बेटा ! तू मेरा कहना माने तो दूसरा ब्याह कर ले। लेकिन इसका क्या करूँ, जिसको ब्याह कर लाए थे। अरे! इसक...
- अम्मा ने कहा- ‘‘मेरे बेटे का ब्याह नहीं होगा, तो काम कैसे चलेगा?...? ’’ ढोलक बजायी जा रही थी और हल्दी चढ़ाई जा रही थी। घोड़ी चढ़ाने के लिए बारात निकाली और बारात वहाँ जा प...
- अम्मा से कहो कि क्या चाय बिना नाश्ते की चलेगी?...? जिस सामान की जरूरत हो दौड़कर बाजार से ले आओ, जरा घर तक तो चले जाओ बेटा, अपनी चाची से कह आओ कि चाय भा...
- अरब के रेगिस्तान में उड़ने वाले सूखे रेत से आँखों की रक्षा करने के लिए बुरका ओढ़े रहने का औचित्य हो सकता है, पर अपने यहाँ वैसी कोई कठिनाई नहीं, फिर मुँह पर नकाब ओढ़ने की जरूरत किसलिए मानी जाए?...? भारतीय समाज में, नारी के प्रति उच्च भावना और उच्च मान्यताएँ सदा से रही हैं। यहाँ नारी मात्र को अभी भ...
- अरब के रेगिस्तान में उड़ने वाले सूखे रेत से आँखों की रक्षा करने के लिए बुर्का ओढ़ने का औचित्य हो सकता है, पर अपने यहाँ वैसी कोई कठिनाई नहीं, फिर मुँह पर नकाब ओढ़ने की जरूरत किसलिए मानी जाय?...? भारतीय समाज में नारी के प्रति उच्च भावना और उच्च मान्यताएँ सदा से रही है। यहाँ नारी मात्र को अभी भी ...
- अरबों का उत्पादन करने वाले दैत्याकार कारखानों का संचालन, उद्वेलित जन-समुदाय का नियन्त्रण, दुर्धर्ष सेनाओं का अनुशासन और बड़े-बड़े साम्राज्यों का शासन और असंख्यों जनता का नेतृत्व एक विचार बल पर ही किया जाता है, अन्यथा एक मनुष्य में एक मनुष्य के योग्य ही सीमित शक्ति रही है, वह असंख्यों का अनुशासन किस प्रकार कर सकता है?...? बड़े-बड़े आततायी हुकुमरानों और सुदृढ़ साम्राज्यों को विचार बल से ही सलट दिया गया। बड़े-बड़े हिंस्र पशुओं...
- अरे यह क्या?...? गुरुजी यह टमाटर का साग नहीं है, यह तो लाल मिर्च है। जब हरी मिर्च पक जाती है और लाल हो जाती है, तो ...
- अरे आनन्द आएगा कैसे?...? मन तो बेलगाम का घोड़ा बनकर न जाने कहाँ-कहाँ फिरता है। न जाने किधर को भटकता रहता है। हाथ में तो लगी ह...
- अरे आपको मालूम पड़ गया तो आप भी चले जाएँगे, आप को क्यों बता दें, हमारी बैंक कहाँ की है?...? बैंक में लाखों ये जो आप बैठे हैं। आपकी जेब से निकाला और उसे काम में ले लिया, कौन रखवाली करेगा इसकी र...
- अरे उसमें क्या रखा है?...? गुजराती में करूँ छू, धरूँ छू। यही तो हैं दो-चार शब्द।
हाँ, तो हम उन शब्दों को रट लेंगे और घुमा-फिरा...
- अरे कहाँ जा रहा है?...? अरे महाराज जी! आपका वो चन्द्रमा पीछे पड़ गया और वो जोगिनी दिखायी पड़ रही है और वो दिशाशूल बैठा हुआ है ...
- अरे किन-किन का कहें किसको सामना नहीं करना पड़ा प्रतिकूलताओं का?...? मरना तो एक दिन है ही। देखा जाएगा, यदि किसी के भाग्य में ऐसा ही है तो ऐसा भी देखा जाएगा। शहीद की तरह ...
- अरे कोई बात हो तो बताओ?...? नहीं, कुछ नहीं। तो चल भाग यहाँ से। बेटे, आपको कहना होगा कि हमें यहाँ से दिल्ली तक के सेकण्ड क्लास के...
- अरे कोई बात हो तो बताओ?...? नहीं कुछ नहीं। तो चल भाग यहाँ से। बेटे, आपको कहना होगा कि हमें यहाँ से दिल्ली तक के सेकेंड क्लास के ...
- अरे कौन ले गया?...? आज तो खाना ही अच्छा नहीं लगा। हमने बीस रुपये का आपके यहाँ से साबुन खरीद लिया। पीछे थोड़ी देर बाद आपने...
- अरे चाहिए क्या?...? भगवान ने जब हमको इतना बड़ा शरीर दे दिया है, जिस पर करोड़ों रुपये की सम्पत्ति निछावर की जा सकती है तो...
- अरे जिस नारी के मन में ये हो उसे क्या कष्ट हो सकता है?...? भौतिक जगत का कष्ट कभी उसको प्रभावित नहीं करता। प्रभावित कौन सी चीज करती है? जब हम उसके साथ द्वेष भाव...
- अरे जिस नारी के मन में ये हो, उसे क्या कष्ट हो सकता है?...? भौतिक जगत् का कष्ट कभी उसको प्रभावित नहीं करता। प्रभावित कौन-सी चीज करती है? जब हम उसके साथ द्वेष भा...
- अरे तू अपने बीबी-बच्चों से बात करना शुरू कर, फिर देख कैसा रहेगा सिनेमा?...? इससे अच्छा गुड्डा क्या आपको सिनेमा में मिल सकता है। आप जब अपने बच्चे को एक चाभी वाला खिलौना लाकर देत...
- अरे तू चिन्ता मत कर कि गुरुदेव मर गये और अब हमें कौन देखेगा?...? बेटा तू चिन्ता मत कर हम तेरे पास स्वयं पहुँच जाएँगे, तेरी निगरानी करेंगे, रक्षा करेंगे, स्वस्थ रखेंग...
- अरे तू बच्चा ही तो है, बच्चा नहीं है तो क्या है?...? जाग्रत आत्माएँ, जीवन्त आत्माएँ क्या हैं? जब गुलाब का फूल खिलता है, तब उसके ऊपर भौरे आते हैं, तितलियाँ...
- अरे तू बच्चा ही तो है, बच्चा नहीं है तो क्या है?...? जाग्रत आत्माएँ, जीवन्त आत्माएँ क्या हैं? जब गुलाब का फूल खिलता है, तब उसके ऊपर भौंरे आते हैं, तितलिया...
- अरे तेरे काम में क्या आया है?...? कुछ नहीं, वही दो रोटी, एक धोती और कुरता।
अरे, यह तो वैसे भी पैदा हो सकता है। तो क्या इसी के लिए मर...
- अरे तो आप धो देते?...? नहीं साहब, यह हमारा काम नहीं है। बेटे, बाप कहता है कि अपने बच्चे को ले जाओ यहाँ से और इसकी सफाई करो ...
- अरे तो आप धो देते?...? नहीं साहब, यह हमारा काम नहीं है। बेटे, बाप कहता है कि अपने बच्चे को ले जाओ यहाँ से और इसकी सफाई करो ...
- अरे तो इससे क्या बना, कुछ बना क्या?...? इससे क्या बना दो वर्ष पहले मर जाता तो क्या। नौकरी में तरक्की करा दी, अगर आपको १०० रुपये ज्यादा दिला ...
- अरे थोड़ी देर पहले का बना खा लेने पर क्या आफत आ जाएगी?...? गरम खाने के पीछे उसकी शिक्षा, उसका सोना, उसका चिन्तन करने का सारा-का-सारा समय बरबाद हो गया। सारा-का-स...
- अरे नारी न जाने क्या कर सकती है?...? वह तो ऐसे सन्त पैदा कर सकती है, ऋषि पैदा कर सकती है, अपने कुटुम्ब और परिवार को स्वर्ग बना सकती है और...
- अरे नौकर भी दगा दे जाएगा तो फिर मैं क्या करूँगी?...? तब उसने कहा कि अच्छा अब उसे मैं खरीदकर लाती हूँ। मीरा ने भगवान को खरीद लिया। भगवान को क्या खरीदा जा ...
- अरे पत्थर है?...? नहीं साहब! ये वो है संगेअसवद। संगेअसवद क्या होता है? पत्थर है। साहब तराशा हुआ पत्थर है। नहीं साहब! य...
- अरे बाबा एक कोने में रखिए, आपकी इच्छा क्या है?...? हम कहते हैं अपनी इच्छा को (ए) एक कोने में रखिए। भगवान की इच्छा क्या है? समय की माँग क्या है? प्रज्ञा...
- अरे बाबा, पेट पालने की समस्या भी कोई समस्या है क्या?...? कीड़े अपना पेट पाल लेते हैं, मच्छर पाल लेते हैं, मक्खी पाल लेती है। कुत्ते पाल लेते हैं, चिड़ियाँ पाल ...
- अरे बेटा भीतर से पैदा होती है?...? नहीं साहब कोई बाहर चला जाता है। चुपचाप। जब सोये रहते हैं कोई आता है और छटाँक भर घी खिला जाता है। घास...
- अरे बेटा, पुराने जमाने, नए जमाने की बात क्या चलती है?...? पुराने जमाने में भी वही बात थी और आज के जमाने में भी वही बात है। सूरज पुराने जमाने में भी वही था और ...
- अरे बेटे चन्दन से क्या मतलब है या रुद्राक्ष से क्या मतलब है?...? अपने हृदय की बात कहते हैं, अन्तरात्मा की बात कहते हैं। चन्दन में क्या रखा है और रुद्राक्ष में क्या र...
- अरे बेटे ये क्या बोलता है?...? यूँ मत बोल। तो फिर कैसे बोलूँ? तू ऐसे बोल, जैसे कि भैरवी रागिनी गाई जाती है। गुरुजी सिखाइए। बेटा तू ...
- अरे बेटे ये क्या बोलता है?...? यूँ मत बोल, तो फिर कैसे बोलूँ? तू ऐसे बोल जैसे कि भैरवी रागिनी गायी जाती है। गुरु जी सिखाइए। बेटा तू...
- अरे बेटे, इतने रुपये कम पड़े गये?...? हाँ साहब! कम पड़ गये।हाँ बेटे, सिकन्दर को भी पैसे कम पड़ गये थे। सबको पैसा कम पड़ गया था और आपको भी कम ...
- अरे बेटे, यह तो बता कि तू पढ़ेगा क्या?...? फिजिक्स पढ़ेगा, साइंस पढ़ेगा, कॉमर्स पढ़ेगा, आर्ट्स पढ़ेगा? नहीं साहब! जो मास्टर पढ़ा देंगे, वही पढ़ूँगा। ...
- अरे बेटे, वे खाँसते तो होंगे?...? कमर तो झुक गयी होगी? आँख में चश्मा तो लगाते होंगे? उनके बुढ़ापे का कोई तो फोटो होगा? नहीं महाराज जी! ...
- अरे बेटे, हम तो भूत हैं और भूत कैसे व्याख्यान दे सकते हैं?...? गुरुजी! हम तो आपके पैर छूना चाहते हैं। बेटे, हम तो हवा में घूम रहे हैं, हमारे पर कैसे छू सकते हैं?...
- अरे बेटे, हम तो भूत हैं और भूत कैसे व्याख्यान दे सकते हैं?...? गुरुजी! हम तो आपके पैर छूना चाहते हैं। बेटे, हम तो हवा में घूम रहे हैं, हमारे पैर कैसे छू सकते है? अ...
- अरे भई इस समय तो फायदा उठा लेते हो, पर भविष्य तुम्हारा क्या बनेगा?...? दूसरा आदमी कौन सहयोग करेगा? दूसरा आदमी कौन अपने पास बैठने देगा?...
- अरे भाई साहब हम आपको चारपाई पर सुलाते हैं, फिर आप क्यों कष्ट देते हैं?...? नहीं साहब! हम तो दर्द करेंगे। सिर पर रोज चमेली का तेल डालते हैं, फिर भी भाई साहब। आप दर्द करते हैं...
- अरे भाई, तुक्का मारा जाता है कहीं?...? नहीं साहब! भगवान जी के यहाँ ऐसे ही तुक्का मारो कि हमारा सब काम हो जाएगा। नहीं बेटे, ऐसा तो नहीं हो स...
- अरे भाई, तुक्का मारा जाता है कहीं?...? नहीं साहब! भगवान जी के यहाँ ऐसे ही तुक्का मारो कि हमारा सब काम हो जाएगा। नहीं बेटे, ऐसा तो नहीं हो स...
- अरे महाराज जी आप ये क्या कहते हैं?...? हाँ बेटा, यही फर्क है। उस जमाने का पुरुषवादी समाज, परस्त्रीगामी समाज, जिसमें पाप और अनाचार का बन्धन...
- अरे माता जी कल तो ऐसा-ऐसा बोल रही थी, आज क्या बोल रही हैं?...? हम यह सुनने थोड़े ही आए थे। हमें कोई चटपटी कहानियाँ सुनाओ। अच्छा वह भी हम सुना देंगे उसके लिए आप धैर...
- अरे मैं कितना मूर्ख था?...? जो घर-आए भगवान को दे न सका क्योंकि यदि सारी झोली उड़ेल दी होती तो सारे के सारे दाने सोने के हो जाते।...
- अरे यह कौन है?...? आदमी है या भूत-पलीत? मित्रो! आदमी क्या होता चला जाता है? आदमी भूत-पलीत होता चला जाता है। आदमी को जान...
- अरे यह क्या कह दिया?...? आप कहाँ पर चली गईं? साहित्य को आग ही बता दिया। हाँ, यह आग ही तो है, मैं कह रही हूँ। इस आग को, इस चिन...
- अरे यह क्या?...? गुरुजी यह टमाटर का साग नहीं है, यह तो लाल मिरच है। जब हरी मिरच पक जाती है और लाल हो जाती है, तो उनको...
- अरे ये कैसी मूँछ हैं, ये तो निकल पड़ी, तुझे कैसी मूँछ चाहिए थी?...? आपकी भी मूँछ चाहिए थी, जो खींचने पर भी नहीं निकलती है। बेटे! तो अभी तू ठहर जा। अभी तू छह साल का है। ...
- अरे ये क्या हुआ, हम तो वरदान लेने आए थे कहाँ धन-दौलत होगा, कारोबार में फायदा होगा, हम तो आज के दिन आशीर्वाद लेने आए थे, यह क्या दे रही हैं?...? हम तो आपको वही दे रही हैं कि इसी के सहारे आपकी नाव चलती है, वो जो आप माँगने आए हैं क्षणिक हैं। ला वह...
- अरे रज्जन मियाँ क्या बना रहे हो?...? अरे साहब, हनुमान जी तो काबू में ही नहीं आते। कभी मुँह बड़ी हो जाती है तो कभी पूँछ बड़ी हो जाती है तो फ...
- अरे राम- राम, ऐसी आँख होती है?...? हाँ बेटे, तीसरी आँख जिस किसी को देख लेती है, जलाकर खाक कर देती है। गुरुजी! आप जो हमको रात को सिखात...
- अरे लड़ूँ या न लड़ूँ?...? ये तो मेरे भाई हैं, यह तो मेरा भतीजा मर जाएगा, ये तो मेरे चाचा-ताऊ मर जाएँगे, यह तो मेरा बाबा मर जाए...
- अरे वह अपने बाल- बच्चों के दे जायेगी कि तुझे दे जायेगी?...? नहीं साहब! वह हमारा नारियल खा जाती है और पैसा दे जाती है। बेटे, वह न तो कोई नारियल खा जाती है और न...
- अरे व्यक्ति तो वही, लेकिन हमने क्या बदल दिया?...? हमने अपना विचार बदल दिया। जिसका हम विचार करते हैं, जिसको हम अपना मान लेते हैं, वह चीज अपनी हो जाती ह...
- अरे व्यक्ति तो है वही, लेकिन हमने क्या बदल दिया?...? हमने अपना विचार बदल दिया। जिसका हम विचार करते हैं, जिसको हम अपना मान लेते हैं, वह चीज अपनी हो जाती ह...
- अरे सब दे ही जाओ, तो तुम क्या दोगे जरा बताना?...? हम कुछ नहीं देंगे। तुम काम आओगे समाज के, राष्ट्र के। काम आओगे राष्ट्र के जिस पर विपत्तियाँ छाई हुई ह...
- अरे साहब क्या निकालना?...? ये अपने आदमी हैं और झटका मार दिया। एक छटाँक पहले काट लिया और एक छटाँक यह काट लिया। इस तरह हर तरी...
- अरे साहब ताकत नहीं है?...? उठे तो सही, पर ताकत नहीं है, गिर पड़े भट से जमीन पर। इसको अन्दर की जीवट कहते हैं, इसको संकल्पशक्ति कहत...
- अरे साहब ताकत नहीं है?...? उठे तो सही, पर ताकत नहीं है, गिर पड़े भट से जमीन पर। बच्चा उठता है फिर गिर पड़ता है, ताकत नहीं है। इसक...
- अरे सिनेमा देखते हैं?...? नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ से आया। जाने का मन होता है? मन तो होता है, पर हम कैसे जा सकते ...
- अरे सिनेमा देखते हैं?...? नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ से आया? जाने का मन होता है? मन तो होता है, पर हम कैसे जा सकते ...
- अरे हनुमान जी तो जिन्दगी भर ब्रह्मचर्य से रहे थे, तुम्हारा ब्याह कहाँ से करा देंगे, तुम्हारे बाल-बच्चे कहाँ से पैदा करा देंगे?...? यदि हनुमान जी से माँगना है, तो वह पराक्रम माँगिए, वह हिम्मत माँगिए, वह हौसला माँगिए, जिससे कि वे समु...
- अरे हम अगर गायत्री के सिद्धान्तों पर, आध्यात्मिक के सिद्धान्तों पर चलने वाले हों तो क्या हम पाप कर सकते हैं?...? नहीं, कभी नहीं कर सकते और न ही अपराध कर सकते हैं। तब पाप और अपराध समाज से मिट जाएगा। आज अगर इस प्रका...
- अरे हम क्या करेंगे?...? कहीं गिर पड़ेगा। अच्छा तो अभी हम आते हैं। उसका क्या बना दिया? ये कान का बुंदा बना दिया। ये अँगूठी बना...
- अरे हम क्या करेंगे?...? कहीं गिर पड़ेगा। अच्छा तो अभी हम आते हैं। उसका क्या बना दिया? ये कान का बुन्दा बना दिया। ये अँगूठी बन...
- अरे, आप क्या बड़े आदमी हैं?...? मन आपका बड़ा नहीं है, व्यक्तित्व आपका बड़ा नहीं है, संस्कार आपके बड़े नहीं हैं तो बड़प्पन का स्थायित्व क...
- अरे, कैसे एकाग्र हो जाएँगे?...? एक विषय पर, एक धारा पर आदमी का दिमाग लगा रहे, तो वह एकाग्र हो जाता है, लेकिन एक तरह के विचारों पर बह...
- अरे, जन्मभूमि किसकी होती है?...? जो केवल शरीर को ही सब कुछ मान लेते हैं, उन्हीं की जन्मभूमि होती है, श्रेष्ठ मनुष्यों की कोई जन्मभू...
- अरे, दोनों तरफ की दिशाएँ क्या देख रहा है?...? एक तरफ चल और समर्थ गुरु रामदास ये भागे, वो भागे। लोगों ने बाजा बजाना बन्द कर दिया। वह गया, सो गय...
- अरे, महाराज जी अकेले से क्या फायदा, इतनी बड़ी सेना भी साथ है, इसके भोजन का आप प्रबन्ध जब तक नहीं करेंगे, तब तक बात कैसे बनेगी?...? अच्छा तो चलिए अभी हम करते हैं। उनके पास एक नंदिनी नाम की गाय थी। कामधेनु की बेटी नंदिनी। उन्होंने कह...
- अरे, ये भक्तवत्सल हैं कि जल्लाद हैं?...? आपने देखा नहीं है। श्मशान घाट में जाइये, अस्पतालों में जाइये, दुर्घटना स्थलों पर जाइये, अन्धों को देख...
- अरे, वेदों का व्याख्यान है और क्या है?...? उपनिषदों में वेदों का सार है। इसके प्रत्येक मंत्र वेदों में समाये हुए हैं। आर्य समाज ने तो संहिता भा...
- अरे, हमारा अतिथि, हमारा बच्चा हमारे सामने भूखा खड़ा है, तो हम कैसे खा सकते हैं?...? ऐसे बिरले ही होंगे, जो बच्चों को छोड़कर खा लेंगे। आप हमारे परिजन हैं, हमारे बच्चे हैं, हमारे अतिथि ह...
- अरे, हमारा अतिथि—हमारा बच्चा हमारे सामने भूखा खड़ा है तो हम कैसे खा सकते हैं?...? ऐसे बिरले ही होंगे, जो बच्चों को छोड़कर खा लेंगे। आप हमारे परिजन हैं, हमारे बच्चे हैं, हमारे अतिथि ह...
- अरे, हमारे माँ-बाप कहाँ गए?...? इसलिए हमने इनको रोका है। आगे वहीं क्षेत्रों में ही छोटे-छोटे कार्यक्रम होंगे और घर-घर में जो दीपयज्ञ...
- अर्जी कितनी जाती हैं?...? उनमें से सलेक्शन किस-किस का होता है? हर एक का सलेक्शन नहीं हो सकता इसलिए क्या हुआ? खुदाबन्द करीम के य...
- अर्जुन का रथ भगवान कृष्ण ने हाँका था, बागडोर कृष्ण ने सम्भाली थी अर्जुन की, अर्जुन हिम्मत हार रहा था और भगवान कृष्ण ने कहा—कायर मत बन, अर्जुन नपुंसक मत बन, तू उठ खड़ा हो लड़ाई के लिए, कौरव की लड़ाई, कौरव यानि दुर्गुणों की जो हमारे अन्दर लड़ाई हो रही है कौरव और पाण्डव की उसमें कौन जीतेगा?...? जीतेगा पाण्डव, लेकिन पाण्डव में हिम्मत तो होनी चाहिए, भक्त को हिम्मत करनी चाहिए, कौरव कौन है हमारे अ...
- अर्जुन की तरह वह भी भगवान की प्रशंसा क्यों नहीं करता था?...? शिशुपाल उनको अपना बैरी मानता था, विरोधी मानता था, पराया मानता था। मित्रो! इस दुनिया में न कोई सुंदर ...
- अर्जुन के बारे में आपने सुना नहीं?...? अर्जुन एक तरीके से मछली का कोई हिस्सा देखता था, इसलिए उसका निशाना लगाना सम्भव हो सका। जो दूसरे राजकु...
- अर्जुन को क्यों दिया?...? क्यों कि उन्होंने एक बार इम्तहान लिया था। इतनी कीमती चीज को अपने विश्वस्त आदमी को प्रमाणिक आदमी को ह...
- अर्जुन को गाण्डीव कहाँ से मिला था?...? देवताओं ने दिया था, इन्द्र देवता ने। केवल अर्जुन को ही क्यों दे दिया? सबको क्यों नहीं दिया? क्योंकि ...
- अर्जुन को दिव्य गाण्डीव धनुष एवं बाण देने वालों ने अनुदान थमा देने से पहले यह भी जाँच लिया था कि उस समर्थता को किस काम में प्रयुक्त किया जाएगा?...? यदि बिना जाँच-पड़ताल के किसी को कुछ भी दे दिया जाए, तो भस्मासुर द्वारा शिवजी को जिस प्रकार हैरान किय...
- अर्जुन को सारथी का यदि समर्थन न रहा होता, तो महाभारत कैसे जीता जाता?...? हनुमान स्वयं बलवान रहे होते तो सुग्रीव सहित ऋष्यमूक पर्वत पर छिपे-छिपे न फिरते। समुद्र छलांगने, लंका...
- अर्जुन ने कहा कि यदि मेरी हार हो गई तब?...? श्रीकृष्ण ने कहा कि मैं तेरा काम करूँगा। भगवान आगे-आगे रथ बढ़ाते चले जा रहे थे और अर्जुन गाण्डीव चला...
- अर्जुन ने कहा कि यदि मैं रास्ता भूल गया तब?...? श्रीकृष्ण ने कहा कि मैं तेरे घोड़े चलाऊँगा। अर्जुन ने कहा कि यदि मेरी हार हो गई तब? श्रीकृष्ण ने कहा...
- अर्जुन ने कौन-सा बड़ा काम किया?...? भीम ने किसका क्या किया? नकुल-सहदेव किस काम में लगे रहे? सबने मिल-जुल कर के सिर्फ एक ही काम किया—भगवा...
- अर्जुन ने क्या बिगाड़ा था?...? अर्जुन ने यह बिगाड़ा था कि वह राज्य लेना चाहता था, जमीन-जायदाद बढ़ाना चाहता था, राजा बनना चाहता था। मह...
- अर्जुन ने ध्यान-जप किया था?...? बेटे, जरूर किया होगा। मुझे मालूम नहीं। उनकी कुण्डलिनी भी जगी होगी? जगी होगी, यह भी वायदा नहीं करता कि...
- अर्जुन ने ध्यान-जप किया था?...? बेटे, जरूर किया होगा। मुझे मालूम नहीं। उनकी कुण्डलिनी भी जगी होगी? जगी होगी, यह भी वायदा नहीं करता कि...
- अर्जुन ने पूछा ‘‘आपको यों अपने आपको छिपाकर यहाँ आने की क्या जरूरत पड़ी?...? ’’
युधिष्ठिर सामने खड़े अपने बन्धुओं को सम्बोधित कर बोले-‘तात्! इनमें से अनेकों कौरव दल के हैं, वे हम...
- अर्जुन ने भजन नहीं किया होगा?...? किया होगा, बेटे मैं यह नहीं कहता कि वह भजन नहीं करता था। अर्जुन ने ध्यान-जप किया था? बेटे, जरूर किया...
- अर्जुन ने मना कर दिया और कहा—हमने तो अपने आपको संयमी जीवन में ढाल लिया है, क्या करेंगे इन बेकार की चीजों को?...? तब देवताओं ने उससे भी शानदार चीज गाण्डीव दिया था जो मनुष्यों का नहीं देवताओं का बनाया हुआ था। गाण्डी...
- अर्जुन ने महाभारत में विजय किससे प्राप्त की थी?...? गांडीव से प्राप्त की थी। गांडीव किसका बना हुआ था? गांडीव लोहे का बना हुआ था, स्टील का बना हुआ था। नह...
- अर्जुन यदि अपने पराक्रम से महाभारत जीत सके होते, तो द्रौपदी का भरी सभा में अपमान क्यों देखते?...? अज्ञातवास के दिनों जिस-तिस की नौकरी करके क्यों समय गुजारते? शत्रुओं से वे तब क्यों न निपट लेते? यह भ...
- अर्जुन यदि सचमुच ही महाबली थे तो द्रौपदी का भरी सभा में अपमान क्यों होने देते?...? अज्ञातवास के दिनों जिस-जिस की नौकरी करके छिपते छिपाते दिन क्यों गुजारते रहे? इन शंकाओं का कोई बुद्धि...
- अर्जुन से जब लोगों ने पूछा कि आपको क्या दिखलाई पड़ रहा है?...? उसने कहा कि मछली की आँख एवं तीर की नोंक। अन्त में विजयी अर्जुन ही हुए।मित्रो, जिनके जीवन का एक लक्ष...
- अर्जुन हमेशा युद्ध किससे किया करे?...? द्रौपदी से हमेशा युद्ध किया करे? किससे? भीम से? हमेशा युद्ध किससे किया करे? बीबी से? हमेशा युद्ध किस...
- अर्जुन ही क्यों बना और क्यों नहीं बने?...? अरे इसलिए नहीं बने कि उनकी पात्रता नहीं थी। एकलव्य का समर्पण था। समर्पण था, तो अर्जुन से भी ज्यादा ब...
- अर्थ का चिन्तन कितने धीमे से होता है?...? जप के साथ चिन्तन नहीं हो सकता। गलत कहा है—गलत या तो गलत लिखा है या आपने गलत समझा है। गलत क्या बात है?...
- अर्थ का चिन्तन कितने धीमे से होता है?...? जप के साथ चिन्तन नहीं हो सकता | गलत कहा है—गलत या तो गलत लिखा है या आपने गलत समझा है। गलत क्या बात है...
- अर्थ का चिन्तन कितने धीमे से होता है?...? जप के साथ चिन्तन नहीं हो सकता। गलत कहा है—गलत या तो गलत लिखा है या आपने गलत समझा है। गलत क्या बात है?...
- अर्थ सन्तुलन कैसे रखा जाय?...? जो आप कमाते हैं, उसी हिसाब से बजट कैसे बनाया जाय? यह पूरे-का गणित और अर्थशास्त्र आपको घर के कुटुम्ब ...
- अर्थ संयम किसे कहते हैं?...? बेटे! अर्थ संयम का अर्थ है—सादा जीवन, उच्च विचार। अपने जीवन में हम जो कुछ भी कमाते हैं, उसमें से अधि...
- अर्थ सन्तुलन कैसे रखा जाए?...? जो आप कमाते हैं, उसी हिसाब से बजट कैसे बनाया जाए? ये पूरे का पूरा गणित और अर्थशास्त्र आपको घर के, कु...
- अर्थ समेत आप कहाँ जपते हैं?...? ये गलत बात है। गायत्री मन्त्र की जिस प्रकार से बोलने की स्पीड है, उस तरह से विचार की स्पीड नहीं हो स...
- अर्थ समेत आप कहाँ जपते हैं?...? ये गलत बात है। गायत्री मन्त्र की जिस प्रकार से बोलने की स्पीड है, उस तरह से विचार की स्पीड नहीं हो स...
- अर्थशास्त्र क्या कहेगा?...? अर्थशास्त्र यह कहेगा कि बुड्ढे बाप को कसाईखाने भेजना चाहिए। कसाईखाने? हाँ बेटे! इसके लिए कसाईखाने से...
- अर्थशास्त्र क्या है?...? वगैरह। लोक व्यवहार में प्रवीण बनने के सम्बन्ध में एक। जीविकोपार्जन के सम्बन्ध में दो। जो जानकारियाँ ...
- अर्थशास्त्र क्या है?...? आदि बातें सीख करके हम आजीविका उपार्जन कर सकते हैं और इस क्षेत्र में प्रवीणता हासिल कर सकते हैं। लोक-...
- अर्थात भगवान क्या है?...? रस है। रस किसे कहते है? रस, आनन्द को कहते हैं। आनन्द कहाँ है? भगवान में है। भगवान कैसा होता है? आत्मीय...
- अर्थात् कौन रोगी होता है?...? यह पूछने से उनका मन्तव्य यह था कि जो मूल कारण को जानता होगा वही उसकी रोकथाम के उपाय सोचेगा। चिकित्सा...
- अर्थोपार्जन जरूर कीजिए; लेकिन अर्थ की उपयोगिता कहाँ है?...? खरच उस जगह कीजिए। नहीं, यह तो हमारे बेटे के लिए होगा, यह तो हमारी पत्नी के लिए होगा। यह तो बेटी के ल...
- अलंकारों को समझता नहीं है?...? शिक्षण को समझता नहीं है? भावना को समझता नहीं है? प्रेरणा को समझता नहीं है? हिसाब को समझता नहीं है? ब...
- अलख जगाने के बाद में क्या उन्होंने राजसत्ता को अच्छा नहीं बनाया था?...? हाँ, अशोक से लेकर हर्षवर्धन तक सैकड़ों के सैकड़ों जनता को उन्होंने अच्छा बना दिया था। धर्मसत्ता को ल...
- अलख जगाने के बाद में क्या उन्होंने राजसत्ता को अच्छा नहीं बनाया था?...? हाँ, अशोक से लेकर हर्षवर्धन तक सैकड़ों के सैकड़ों जनता को उन्होंने अच्छा बना दिया था। धर्मसत्ता को लेक...
- अलग-अलग दो आदमी रहेंगे, तो जैसे धागे अलग बँटे हुए हैं, वो रस्सा कैसे बन सकता है?...? हम कभी संगठित नहीं हुए। संगठित होते हैं, तो बस राक्षसी परिवार। उनका संगठन तैयार होता है और वो धावा ब...
- अलादीन का चिराग आपके पास भी है?...? मेरे पास भी है। अलादीन का चिराग हमारे घर में, जिसको हमने पचपन साल से प्राणों की बाती की तरह रखा है। ...
- अल्पछन्दता किसे कहते हैं?...? सम्पत्तियों को। सम्पत्ति, दौलत हमारे पास इतनी है कि हमने सुना है कि कुबड़े बड़े सम्पत्तिवान थे और हमन...
- अवतार कह रही हैं आप?...? बेटा, हैं तो अवतार ही, मानो चाहे न मानो, क्योंकि कोई ऐसे कार्य नहीं कर सकता, जहाँ हर कदम पर रचनात्मक...
- अवतार कहाँ से होते हैं तथा किस तरह से होते हैं?...? यह आप सभी जानते हैं। चाहे उसे दसवाँ अवतार कहिए या चौबीसवाँ अवतार कहिए, यह सब भारतभूमि से उत्पन्न ह...
- अवतार कोई अकेला आता है?...? कोई अवतार कभी अकेला नहीं आता। निन्यानवे आदमी साथ में आते हैं और उसमें से एक आदमी को श्रेय मिल जाता ह...
- अवतार कोई अकेला आता है?...? कोई अवतार कभी अकेला नहीं आता। निन्यानवे आदमी साथ में आते हैं और उसमें से एक आदमी को श्रेय मिल जाता ह...
- अवतार क्यों ले लिया?...? हमारी समझ में जरा भी आपका ये कहना नहीं आया। आपने ऐसा क्यों किया? और आपको क्या जरूरत पड़ गयी जो इतनी स...
- अवतार लेंगे तो आप अकेले काम नहीं कर सकेंगे?...? अकेला काम क्यों नहीं कर सकता? 'अकेला चना भाड़ को नहीं फोड़ सकता' आप अकेले पुल नहीं बना पाएँगे; आप अक...
- अवतार होने वाला है?...? हाँ बेटे! अवतार होने वाला है, आप निश्चिंत रहिए। आज वे परिस्थितियाँ आ गई हैं, जिनके लिए भगवान ने आश्व...
- अवतार होने वाला है?...? हाँ बेटे ! अवतार होने वाला है, आप निश्चित रहिए। आज वे परिस्थितियाँ आ गई हैं, जिनके लिए भगवान ने आश्व...
- अवागढ़ महाराज के यहाँ जब पण्डित जी आए तो उन्होंने क्या काम किया?...? सबसे पहले अपने नहाने-धोने और टट्टी-पेशाब वगैरह जाने के स्थान देखे। उन्होंने देखा कि यहाँ तो दुर्गन्ध ...
- अविकसित मस्तिष्क भला-बुरा सोच ही नहीं पाता, फिर उससे भले की आशा कैसे की जाए?...? कैकेयी और मंथरा ने तो अपनी समझ में उस समय बहुत अच्छा ही कार्य किया था, लेकिन वह अनिष्टकारी सिद्ध हुआ...
- अविकसित माँ, असंस्कृत बहन, उपेक्षित बेटी और अपरिष्कृत मनोभूमि की पत्नी के साथ रहकर भी भला कोई व्यक्ति अपनी श्रेष्ठता का दम्भ रखे, डींग हाँके तो उस पर हँसने के सिवाय किया भी क्या जा सकता है?...? नारी के किसी भी रूप की गरिमा घटाने पर पुरुष को घाटा ही घाटा उठाना पड़ता है। नारी के विकास में ही उसक...
- अवैज्ञानिक बातें क्या निभेंगी कभी?...? अवैज्ञानिक बातें न कभी निभी थीं, न कभी निभेंगी। आप क्या कह रहे थे? मैं यह कह रहा था कि आपको जो सबसे ...
- अवैज्ञानिक बातें क्या निभेंगी कभी?...? अवैज्ञानिक बातें न कभी निभी थीं, न कभी निभेंगी। आप क्या कह रहे थे? मैं यह कह रहा था कि आपको जो सबसे ...
- अव्यवस्थित और अस्त-व्यस्त स्थिति में कोई कब तक निरोग रह सकता है?...? गर्भधारण से लेकर शिशु-पालन तक के कष्ट-साध्य कार्य में कितनी जीवनी-शक्ति नष्ट होती है, उसका अनुभव वही...
- अव्यवस्थित और अस्त-व्यस्त स्थिति में कोई कब तक निरोग रह सकता है?...? गर्भधारण से लेकर शिशु-पालन तक के कष्ट-साध्य कार्य में कितनी जीवनी-शक्ति नष्ट होती है, उसका अनुभव वही...
- अशिक्षित-नारी को शिक्षित कैसे बनाया जाय?...? इस प्रश्न पर सरकारी और गैर सरकारी क्षेत्रों में अपने-अपने उत्तरदायित्व पूरा करने के लिए साहसिक तैयार...
- अशोक कुमार जैसे?...? नहीं महाराज जी! आप अशोक कुमार तो नहीं हैं। तो फिर बूढ़े आदमी का क्या देखने आया था? नहीं साहब! आपका द...
- अशोभनीय और अश्लील रूप में चित्रित स्त्री आकृतियों का क्या प्रभाव देखने वालों पर पड़ता होगा कुछ कहना मुश्किल है और आश्चर्य की बात तो यह है कि जिस विषय में माता-पिता अपने बच्चों के सामने अधिक चर्चा करना भी पसन्द नहीं करते जब ऐसे चित्रों को अपने बच्चों के साथ देखते होंगे और बच्चे उस चित्र के सम्बन्ध में अपने माता-पिता से पूछते होंगे तो माता-पिता कैसे उत्तर देते होंगे?...? युवक, युवतियों और वृद्ध व्यक्तियों पर अशोभनीय चित्रों का उतना बुरा प्रभाव नहीं होता जितना कि बच्चों ...
- अश्वमेध कैसे होते थे?...? जैसा कि रामचंद्र जी के जमाने में हुआ था। अश्वमेध का घोड़ा छोड़ करके उन्होंने उसके द्वारा विचारशीलों को...
- अश्वमेध क्या है?...? अश्व जैसी पाशविक प्रवृत्तियाँ—जो लगाम लगाने पर भी नहीं रुकतीं, उन्हें यज्ञ कुण्ड में होम देना ही अश्...
- असंख्य तारे वह सज्जन बोले-अभी चन्द्रमा निकलेगा तब?...? तब तो महाराज चन्द्रमा के सामने सभी नक्षत्र प्रभाव हीन हो जायेंगे। बस यही उत्तर है तुम्हारी बात का, स...
- असन्तोष के अलावा, विक्षोभ के अलावा, रोष के अलावा क्या पल्ले पड़ने वाला है?...? क्रोध के अलावा क्या पल्ले पड़ने वाला है? चैन कहाँ से आ जायेगा? शान्ति कहाँ से आयेगी? नहीं साहब! गायत्...
- असंयम से शरीर और मस्तिष्क खोखला तो नहीं हो रहा?...? शारीरिक और मानसिक स्वस्थता बनाये रखने के लिये इन्द्रियनिग्रह अमोघ उपाय है।समय संयम का अर्थ है—एक-एक ...
- असंयमी रोगी के लिए अच्छा हकीम कौन?...? वह जो मनमर्जी का भोजन करने दे। सबसे अच्छी देवी कौन? जो हमारी कामनाओं को पूरा करे। वही देवी है गायत्र...
- असफलता के स्थान पर सफलता का स्वप्न देखने में क्या हर्ज है?...? संकट के न आने और उसके स्थान पर सुखद सम्भावनाओं के आगमन की बात सोचने में भी कोई अड़चन नहीं होनी चाहिए।...
- असमंजस इस बात का है कि यदि नैतिक और सामाजिक आदर्शवादिता न रहे तो फिर मनुष्य की पशु-प्रवृत्तियाँ कैसे रुकें?...? उसकी सामर्थ्य का सृजन प्रयोजनों में नियोजन कैसे हो? बढ़ती हुई सम्पदा ही सब कुछ नहीं है।...
- असल में इसको आप साइकलॉजी (मनोविज्ञान) के हिसाब से मेटाफिजिक्स (अध्यात्म विज्ञान) के हिसाब से और न्यूरोलॉजी (स्नायु विज्ञान) के हिसाब से अगर समझने की कोशिश करें तो समझ सकते हैं कि जप के द्वारा क्या फायदा होता है?...? ये हमारी चेतना जो है, उसके चार भाग हैं। जो हम पढ़ते हैं, जानते हैं, सीखते हैं, उसके लिए क्या करना होत...
- असल में चक्कर क्या है?...? जिस भगवान के पास शक्ति के भंडार भरे पड़े हैं, जिसके पास प्यार के भंडार भरे पड़े हैं, जिसकी एक मु...
- असल में जो फायदा उठाना चाहते हैं, वह किससे मिल सकता है?...? जीवात्मा के आशीर्वाद से। शरीर का कोई आशीर्वाद नहीं है। हमारा आशीर्वाद हमारी भावनाओं में जुड़ा हुआ है,...
- असल में जो फायदा उठाना चाहते हैं, वह किससे मिल सकता है?...? जीवात्मा के आशीर्वाद से। शरीर का कोई आशीर्वाद नहीं है। हमारा आशीर्वाद हमारी भावनाओं में जुड़ा हुआ है—...
- असल में मन कभी इधर घूमता है, कभी उधर घूमता है, कभी किधर घूमता है?...? इन सबको रोककर के क्या करेंगे? आप मन को रोकिए। रोकने के बाद में उसको भगवान में लगा दीजिये। यही तो योग...
- असल में मैंने ग्रंथों को, ऋषियों की मान्यताओं को जानने के लिए पढ़ा और पढ़ने के साथ-साथ मैंने यह प्रयत्न भी किया कि जो कोई गायत्री के जानकार हैं, उनसे जानूँ कि गायत्री क्या है?...? और प्रयत्न करूँ कि जिस तरीके से खोज और शोध उन्होंने की थी, उसी तरीके से मैं भी खोज और शोध करने का प्...
- असल में से क्या है?...? ये अलंकार है। ये सारे-के अलंकार हैं और इन अलंकारों के पीछे शिक्षा भरी हुई पड़ी है और देवताओं में चरित...
- असली आदमी की शक्ति कहाँ है?...? ये बेटे, मेरुदण्ड में रीढ़ की हड्डी में है। रीढ़ की हड्डी में आदमी के विचार से ले करके सारे शरीर में ज...
- असली ईमानदारी होती तब?...? असली ईमानदारी होती तो जाने क्या-से बना देती। असली ईमानदारी वेस्ट एण्ड वॉच कंपनी की है। इसका शेयर ब...
- असली गायत्री कभी देखी आपने?...? नहीं साहब! असली गायत्री कभी नहीं देखी। हाँ भाई साहब! ये खिलौने हमने छापकर भेजे हैं। खिलौने ही आपने र...
- असली गायत्री हो सकती हैं?...? हाँ बेटे, असली गायत्री भी हो सकती हैं। कैसी? जैसी विवेकानन्द को दिखाई पड़ी थीं। जमीन से लेकर आसमान त...
- असली ब्राह्मण कौन होता है, क्या हो सकता है, उसके गुण क्या हैं?...? उसका आदर्श क्या है? उसकी भावनाएँ क्या हैं? ब्राह्मण एक ही हो सकता है, वह हो सकता है—जिसके अन्दर करुण...
- असली ब्राह्मण कौन होता है, क्या हो सकता है, उसके गुण क्या हैं?...? उसका आदर्श क्या है? उसकी भावनाएँ क्या हैं? ब्राह्मण एक ही हो सकता है, वह हो सकता है, जिसके अन्दर करु...
- असली भगवान क्या है?...? असली भगवान एक चेतना है, जो सारे विश्व-ब्रह्माण्ड में संव्याप्त है। उसकी ही एक छोटी वाली चिंगारी आपके...
- असली भगवान क्या हो सकता है?...? असली भगवान तो वही हो सकता है। जब वह हमारे भीतर प्रवेश करता है, तब क्या करते हैं? बेटे! जैसे बिजली के...
- असली भगवान जो मैं देखना चाहता था वो कौन-सा था?...? वो अर्जुन को दिखाया गया था। अर्जुन को इस मायने में दिखाया गया था कि सारे-का विश्व-ब्रह्माण्ड देख अर्...
- असली यही बात है ना हैं?...? हाँ गुरुजी! हम तो भगवान का चमचा बनना चाहते हैं। बेटे! चमचे तो उनके होते हैं, किनके? वेश्याओं, नेताओं...
- असली यही बात है ना?...? हाँ गुरुजी! हम तो भगवान् का चमचा बनना चाहते हैं। बेटे! चमचे तो उनके होते हैं, किनके? वेश्याओं के, ने...
- असली रुद्राक्ष की माला से जो जप करेगा, वही मालामाल हो जाएगा?...? क्या आपके पास भी असली रुद्राक्ष की माला है। बेटे, लोग तो यही कहते हैं कि असली रुद्राक्ष की माला है। ...
- असली साधना कैसे की जाती है?...? यह बताता हूँ आपको। असली साधना करता है किसान। किसके साथ जमीन के साथ। जमीन के साथ में क्या काम करता है...
- असली साधना कैसे की जाती है?...? यह बताता हूँ आपको। असली साधना करता है किसान। किसके साथ-जमीन के साथ। जमीन के साथ में क्या काम करता है...
- असली साधना क्या है?...? नकली की तो मैं क्या कहूँगा आपसे। असली साधना कैसे की जाती है? यह बताता हूँ आपको। असली साधना करता है क...
- असली साधना क्या है?...? नकली की तो मैं क्या कहूँगा आपसे। असली साधना कैसे की जाती है? यह बताता हूँ आपको। असली साधना करता है क...
- असह्य बेचैनी है अन्दर, पर क्या करूँ?...? राह नहीं सूझ रही।’’ कहकर वह आशाभरी नजरों से देवर्षि की ओर देखने लगे।देवर्षि का सत्परामर्श‘‘समाधान है...
- असामयिक आलस्य प्रमाद को छोड़ ही क्यों न दिया जाए?...? — अखण्ड ज्योति, अगस्त १९६९, पृष्ठ ३७. श्रद्धा है, तो सक्रिय हों—हमारी इन दिनों अभिलाषा यह है कि अपन...
- अस्त-व्यस्त चिन्तन की रोक-थाम हमें कैसे करनी चाहिए?...? चिन्तन का परिष्कार हमको कैसे करना चाहिए? चिन्तन को हमें कहाँ तक ले जाना चाहिए और अपने चिन्तन को हमें भग...
- अस्तित्व तब है, जब मनुष्य अपने जीवन के प्रति जागरूक होता है, सतर्क होता है और उसे भान होता है कि हम किस लिए आए थे?...? भगवान ने हमको भेजा है आखिर किस उद्देश्य के लिए, किस कार्य के लिए भेजा है? यह भूल जाते हैं। उन्होंने ...
- अस्तु, इस देश के महामानवों की दृष्टि इस बात पर जमी रही कि किस भूखंड में किस स्तर का पिछड़ापन अधिक है और वहाँ पहुँचकर किस क्रिया पद्धति को अपनाकर किन समस्याओं को कैसे हल किया जाए?...? यही थी उस जमाने की धर्म विस्तार पद्धति। इसमें केवल पूजा-पाठ शास्त्र-वाचन ही धर्म सेवा नहीं माना जाता...
- अस्पताल खोल दें तो बीमारियाँ अच्छी हो जाएँगी?...? नहीं, अस्पतालों से बीमारियाँ अच्छी नहीं हो सकतीं। अगर अस्पतालों से बीमारियाँ अच्छी होतीं तो जितने भी...
- अस्पताल वालों ने कहा कि यह तुमने क्या कर डाला?...? क्यों साहब! इसमें क्या हर्ज हो गया? इसके शरीर से जो भाप निकलती थी, पसीना निकलता था, जो शरीर के जहर क...
- अस्वस्थता, दुर्बलता, कलह, विग्रह, छल-प्रपञ्च जैसे दोष,
व्यवहार तथा चिन्तन को धुआँधार विकृतियों से भरते क्यों चले जा रहे हैं?...? निकट भविष्य
के सम्बन्ध में मूर्द्धन्य विचारक यह भविष्यवाणी कर रहे हैं कि स्थिति यही रही,
रेल इ...
- अस्वस्थता, दुर्बलता, कलह, विग्रह, छल-प्रपञ्च जैसे दोष, व्यवहार तथा चिन्तन को धुआँधार विकृतियों से भरते क्यों चले जा रहे हैं?...? निकट भविष्य के सम्बन्ध में मूर्द्धन्य विचारक यह भविष्यवाणी कर रहे हैं कि स्थिति यही रही, रेल इसी पटर...
- अस्वाद व्रत तो भंग नहीं होगा?...? नहीं होगा। नमक में क्या आफत है? नमक कोई जहर है? हम तो यही चाहते हैं कि आपकी जीभ जो लप-लप खाती रहती...
- अस्सी वर्ष का हो गया तो क्या हुआ?...? गाँधी जी अस्सी वर्ष के थे। जवाहर लाल नेहरू मरे थे, तब वह अस्सी वर्ष के थे और सक्रिय थे। बुड्ढा कहल...
- अस्सी वर्ष के हैं तो काम क्या किया है बताइए?...? आप पच्चीस वर्ष जिए तो भी अच्छा है, यदि कुछ किया है तब। भगतसिंह के तरीके से तो पच्चीस साल भी आपके लिए...
- अस्सी साल की बुढ़िया तो नहीं है?...? नहीं गुरुजी, वह तो उठती उम्र की जवान षोडशी दीखती है। आपका ख्याल ठीक है। यह हमने जान-बूझकर बनाई है। ग...
- अहं का दायरा कैसे बढ़ता चला जाता है?...? अहंकार का दायरा कैसे बढ़ता है
मित्रो! अहं का कीड़ा किस तरीके से अपने घरौंदों को—घरों को बनाता ह...
- अहं का विस्तार कैसे होता हुआ चला जाता है?...? अहं का दायरा कैसे बढ़ता चला जाता है?
अहंकार का दायरा कैसे बढ़ता है
मित्रो! अहं का कीड़ा कि...
- अहं किस तरह से प्रकट होता है?...? अहं का विस्तार कैसे होता हुआ चला जाता है? अहं का दायरा कैसे बढ़ता चला जाता है?
अहंकार का दायरा ...
- अहं को विकृत अथवा परिष्कृत आधार पर पूरा करने के लिए जन साधारण को कितना कठिन प्रयास करना पड़ता है, इसे कौन नहीं जानता?...? आत्म चेतना का स्वरूप निर्धारण करना और उसकी पूर्ति के नये आधार खड़े करना वस्तुतः प्रकृत प्रवृत्तियों क...
- अहमदी बोले-खरीदा होगा पर संसार में जो साँसारिक बुराइयों का सामना नहीं कर सकता उस आदमी का मूल्य पाँच टका से ज्यादा नहीं हो सकता?...? तैमूर अभिमान में आकर बोला-अच्छा बताओ मेरी कीमत क्या होगी? इस पर अहमदी हँसे और बोले-दो टके! तैमूर आग ...
- अहसान हुआ न?...? बाप का अहसान न हो तब? कपड़ा बाप नहीं पहनाये तब? स्कूल के लिए फीस न दे तब? तब बताइये बच्चा कैसे आगे बढ़...
- अहहा और क्या बेचते हैं?...? सब बीमारी की दवा बेचते हैं। अच्छा तो आप अपने खानदान वालों को खिलाकर दिखाइए। बीबी को क्या तकलीफ हो रह...
- अहहा और क्या बेचते हैं?...? सब बीमारी की दवा बेचते हैं। अच्छा तो आप अपने खानदान वालों को खिलाकर दिखाइए। बीबी को क्या तकलीफ हो रह...
- आ, तू भी ऐसा ही कर, आ जा चुपके से, क्या-क्या करना पड़ा था?...? ऐसे ही मकान बना लिया। दीवार चुपचाप खड़ी है, बोलती नहीं, बात नहीं करती। हिन्दी भी नहीं जानती, अँग्र...
- आँख कितने दिन में अच्छी हुई?...? आँख तो बेटे पंद्रह दिन में अच्छी हुई। पंद्रह दिन क्या होता रहा? मरहम लगाया जाता रहा, पट्टी लगाई जाती...
- आँख नहीं है तो क्या हुआ?...? मैं उसके बिना भी उन्नति करता हुआ चला जाऊँगा। सूरदास बढ़ते हुए चले गए। आगे बढ़ाने के लिए भगवान उनकी ल...
- आँख में चश्मा तो लगाते होंगे?...? उनके बुढ़ापे का कोई तो फोटो होगा? नहीं महाराज जी! कोई फोटो नहीं है। बेटे, देवता कभी बूढ़े नहीं होते। म...
- आँख से आप कुदृष्टि से देखते रहिए; स्त्रियों को देखते रहिए; बहिन, बेटी और माँ की इज्जत मत कीजिए, धर्मपत्नी को भी रमणी और कामिनी की दृष्टि से देखिए, तो देखिए प्रत्येक औरत आपके लिए डाकिन और नागिन का काम करती है या नहीं और इन्हीं को आप बेटी मान पाएँ तब?...? बहिन मान पाएँ तब? माता मान पाएँ तब? सहधर्मिणी मान पाएँ तब? तब! यही महिलाएँ आपके लिए देवी की तरह से स...
- आँख से दिखाई पड़ता है?...? नहीं बेटे, आँख से नहीं दिखाई पड़ता। आँख से किसी ने नहीं देखा है। नहीं, हम तो आँख से भगवान के दर्शन क...
- आँखें किस चीज की बनी हुई हैं?...? चमड़े की बनी हुई हैं, माँस की बनी हुई हैं। तो आप माँस से माँस को देखना चाहते है? यही मतलब है न आपका?...
- आँखें किस चीज की बनी हुई हैं?...? चमड़े की बनी हुई हैं, माँस की बनी हुई हैं। तो आप माँस से माँस को देखना चाहते हैं? यही मतलब है न आ...
- आँखें कैसी चमकती हैं?...? ऐसे-ऐसे चमकती हैं! और वो झाड़ी हमको ऐसी मालूम पड़ती है कि जैसे हमको खा जायेगी और जिन्दा छोड़ने वाली नही...
- आँखें क्या देखती हैं?...? चेहरा देखती हैं और शक्ल देखती हैं। और कान क्या करते हैं? कान जो हैं आवाज सुनते हैं। इस आवाज में सं...
- आँखों का फर्क है जो आपको दिखाई नहीं देता कि क्या हो रहा है?...? गूलर के फूल के बीच में बन्द रहने वाले भुनगे को कुछ पता नहीं है कि कब रात हुई, कब दिन। धूप है या बरसात...
- आँखों का फर्क है जो आपको दिखाई नहीं देता कि क्या हो रहा है?...? गूलर के फूल के बीच में बन्द रहने वाले भिनुगे को कुछ पता नहीं है कि कब रात हुई, कब दिन। धूप है या बरस...
- आँखों के लिए क्या कहें?...? हर इन्द्रिय के लिए क्या कहें? अनोखा प्राणी है मनुष्य। भगवान् ने इस हाड़-मास के जखीरे में एक ऐसी चेतना...
- आँखों को संशोधित कैसे करें?...? आँखों को संशोधित ऐसे करें जैसे गान्धारी ने की थीं। गान्धारी ने कैसे किया था? गान्धारी ने आँखों को सं...
- आँखों में चमक से क्या है?...? आँखों में चमक तो तस्वीरें भी पैदा कर लेती हैं, मूर्तियाँ भी पैदा कर लेती हैं। बीमार आदमी को सजाकर बि...
- आँखों में चमक से क्या होता है?...? आँखों में चमक तो तस्वीरें भी पैदा कर लेती हैं, मूर्तियाँ भी पैदा कर लेती हैं, बीमार आदमी को सजाकर बि...
- आँखों से अन्धा है?...? गूँगा है? लूला है? लँगड़ा है? क्या बात है? अपाहिज है? अपंग है? तो आप बच्चे को देंगे? नहीं, हमने अपनी ...
- आँखों से आप दिखा दीजिए?...? क्या दिखा दें? आँखों से गुरुजी को दिखा दीजिए। ले देख ले हमको। देख लिया? हाँ साहब! देख लिया। हम तुझे ...
- आँखों से दिखा देंगे, तो दिखाइये ना?...? बस ईसामसीह बैठ गये। उस आदमी को भी बिठा दिया। चुपचाप गये, पास ही एक छोटा-सा बच्चा खेल रहा था, उसको उठ...
- आँखों से मिट्टी के अलावा क्या किसी के देखा है भगवान को?...? देखा किसी ने नहीं है, पर अनुभव किया है। हमने अपनी प्रत्येक गतिविधियों में, उद्देश्यों में, विचारों म...
- आँतें कौन निकाल लेता है?...? समधी। किसकी निकाल लेता है? रिश्तेदार की। जिसकी लड़की घर में आने वाली है, उस रिश्तेदार की, उस लड़की के ...
- आँवलखेड़ा छोड़ने के बाद भगवान की कृ पा से न जाने क्या-क्या होता चला गया?...? हमने चौबीस सौ गायत्री शक्तिपीठें बनायी हैं। इसमें कितनी लागत लगी है, इसका आप अनुमान कर लेवें। यह कहा...
- आँसू कैसे आते हैं?...? ऐसे आते हैं कि हम अपने आप में किफायत करेंगे, अपने आप में कंजूसी करेंगे और इस कंजूसी को करके दूसर...
- आन्तरिक सफाई किस तरह से की जाती है?...? जिस तरह से आपने जमीन से कच्चा लोहा निकलते देखा है। भारी और कच्ची मिट्टी का नाम लोहा है। भारी मिट्टी ...
- आइए अब विचार करें कि यह कैसे सम्भव होगा?...? इसके लिए क्या करना पड़ेगा? इन सारे प्रश्नों पर गम्भीरता से हम और आप विचार करें।आमतौर से कल्प साधना के...
- आइए उस पर विचार करें कि हम उस सपने को साकार कैसे कर सकते हैं?...? इस सन्दर्भ में हमने ब्रह्मवर्चस के माध्यम से एक फिलॉसफी बनायी है; एक क्रिया-पद्धति बनाई है। ब्रह्मवर्...
- आइए भारतीय संस्कृति की कुछ मान्यताओं का पर्यवेक्षण करें और देखें कि कोई कुशल माली उद्यान के पेड़-पौधों को सम्भाल, सुधारकर उन्हें सुरम्य उद्यान के रूप में जिस तरह विकसित करता है, उसी तरह मनुष्य को देवत्व की दिशा में अग्रसर करने के लिए, अपूर्णता से पूर्णता तक पहुँचाने के लिए यह दिव्य संस्कृति उपयोगी है या नहीं?...? उसमें व्यक्ति को सुविकसित और समाज को समुन्नत बनाने की क्षमता विद्यमान है या नहीं? विश्व को अगले ...
- आइन्दा जो प्यार का नाम लिया तो?...? तो क्या कहेंगे? जो भी चाहे आप कह सकते हैं, पर इस कमीनेपन को प्यार मत कहना। दुष्टों का प्यार! अच्छा...
- आइन्स्टीन भी एकान्त में बैठे रहते थे, पर एकान्त में बैठने का उनका उद्देश्य क्या था?...? उनका उद्देश्य यह था कि वे रिसर्च करते रहते थे और लोगों की वजह से, भीड़-भाड़ की वजह से उनके काम में ह...
- आइये अब विचार करें कि यह कैसे सम्भव होगा?...? इसके लिए क्या करना पड़ेगा? इन सारे प्रश्नों पर गम्भीरता से हम और आप विचार करें।
आमतौर से कल्प-सा...
- आकाश न हो तो वायु कहाँ रह सकेगी?...? वायु न हो तो आकाश का उपयोग क्या रहेगा? इसी प्रकार आदित्य की निर्भरता द्युलोक पर है।
मन्त्र बड़ा ह...
- आकाश में बादल आते हैं, घुमड़ते हुए-बरसते हुए दिखाई पड़ते हैं, क्या आप इनका आनन्द नहीं ले सकते?...? नदियाँ कल-कल करती हुई बहती हैं, क्या आप इनका आनन्द नहीं ले सकते? आपको इनका आनन्द लेना चाहिए और आप को...
- आकाश में फैलती हुई लहरें न जाने कहाँ-से-कहाँ, क्या करती रहती हैं?...? मित्रो! यदि इसी आसमान में हम वेदमंत्रों की लहरें—यज्ञों के डायनमो, बैट्रियों के माध्यम से, भट्ठियों ...
- आकाश में सूर्य, चन्द्र और तारे टाँग देने वाली सत्ता अग्नि, जल, पवन जैसे तत्त्वों से इस निर्जीव धरातल को हलचलों से भरा-पूरा बना देने वाला सृजेता अपनी अत्यधिक बड़ी और कठिन दीखने वाली योजनाओं को क्यों सम्भव नहीं बना सकता?...? जिसकी संरचना जल, थल, और आकाश के स्तर को अद्भुत बनाए हुए है, उसके क्रिया-कौशल द्वारा क्या कुछ सम्भव न...
- आकृति कैसे बदल सकती है?...? आकृति नहीं बदली जा सकती, आपके शरीर की बनावट नहीं बदली जा सकती। आपका स्वभाव बदला जा सकता है। जो बदल स...
- आकृति कैसे बदली जा सकती है?...? आकृति नहीं बदली जा सकती है। आपके शरीर की बनावट नहीं बदली जा सकती। आपका स्वभाव बदला जा सकता है। अब तक...
- आकृति बदल भी कैसे सकते हैं हम?...? आपकी नाक की जैसी बनावट है, अब किसी और तरह की नाक कैसे काट के लगा दें आपके! आपकी लम्बी नाक है, आप क्या...
- आकृतियाँ बदल सकती हैं?...? आकृतियाँ तो भगवान् ने जैसी बना दी हैं, माँ के पेट में से जिस दिन से आदमी बना है, बनावट तो वैसी ही रह...
- आखिर क्या वजह है?...? चलिए हम गवाही देते हैं। इस सृष्टि के सारे के सारे प्राणियों के अलावा दुनियाँ में सबसे बेवकूफ एक ही...
- आखिर आत्मा और परमात्मा को मिलने की भूमिका तो चित्त को ही सम्पादित करनी है वह अन्य दिशा में उलझा रहेगा तो लक्ष्य प्राप्ति मार्ग पर बढ़ चलना किसके सहारे सम्भव होगा?...? यदि चित्त की अस्त-व्यस्तता सुव्यवस्था में बदली जा सके तो समझना चाहिए वह प्रयोजन पूरा होने ही वाला है...
- आखिर आपको क्या हो गया है?...? मैं यह पूछता हूँ कि आपको क्या हुआ?
मित्रो! परिवार एक शालीनता की निशानी है। सफलता की निशानी है। स...
- आखिर इतना खर्च क्यों किया जाता है?...? यह भी पता लगाया जाना चाहिए। प्रायः अधिकांश की दृष्टि यह रहती है कि दाँव पर लगाया गया पैसा कई गुना हो...
- आखिर इसकी क्या वजह हो सकती है?...? देखने पर तो लगता है कि शायद बीमारियाँ बाहर से आती हैं और हमको तंग करती हैं। जैसे कि एक दिन हकीम जी...
- आखिर इसकी वजह क्या है?...? इसकी गहराई में जाना पड़ेगा। जिस शरीर को भगवान ने जिन्दगी जीने के लिए हमारे लिए सबसे बड़ा हवाई जहाज क...
- आखिर इसे खरच कहाँ किया जाए?...? यह विचार कर ही रहे थे कि सुदामा जी आ पहुँचे। उन्होंने सोचा, बस हो गया मेरा काम। यही तो मैं तलाश ...
- आखिर उनके वंश के तो हमीं लोग हैं ना?...? उनकी परम्परा के अनुयायी हमीं लोग तो हैं ना? उनकी औलाद तो हमीं लोग हैं ना? उनकी जिम्मेदारी हमीं लोग...
- आखिर किस्सा क्या है?...? और उसने कहा—मैं तो सिखाऊँगा ही, मैं तो सिखाऊँगा, सिखाने आया हूँ। रानी मक्खी के पास मक्खियाँ गयीं।वो ...
- आखिर कैसे हो जाती है और क्यों हो जाती है?...? मैं आपको सुना रही हूँ कि इसलिए हो जाती है कि अपनी जीभ को ऐसे कस कर रक्खा है जैसे जम्बू से कस लेते है...
- आखिर कौन था, क्या था?...? आपको नहीं मालूम पड़ेगा। वह भगवान की एक शक्ति थी जो संसार को हिला देने में समर्थ थी और उसने वही किया ...
- आखिर क्या उद्देश्य है इनका?...? क्रिया का कोई उद्देश्य होना चाहिए। क्यों साहब, पालथी मारकर क्यों बैठते हैं? पद्मासन में क्यों बैठते ...
- आखिर क्या वजह थी?...? यह सब गलतियाँ। इनकी समीक्षा करना शुरू कीजिए। इसी तरह अपने खान-पान के लिए स्वास्थ्य के लिए, आहार-विहा...
- आखिर क्या है इनमें?...? तो और ये बुद्धिजीवी जनता उमड़ती और घुमड़ती क्यों चली आ रही है? हर बात में क्यों और कैसे? क्यों और कैस...
- आखिर क्यों आवश्यकता थी?...? कोई आवश्यकता नहीं थी। जैसे आप अपने घर-गृहस्थी में लिप्त हैं। ऐसे वे भी रहते, पर ठुकरा दिया और ठुकरा ...
- आखिर क्यों नहीं कर सकते हैं?...? हमारी कमजोरी—संकीर्णता
क्या कमजोरी है? एक ही कमजोरी है और वो है संकीर्णता। संकीर्णता हमारा पीछा नही...
- आखिर क्यों परिवर्तन नहीं हुआ?...? इसका एक रहस्य है। परिवर्तन इसलिए नहीं हुआ कि आपने हमें अपने भीतर से स्वीकार नहीं किया। भीतर से आप स्...
- आखिर गरमी है क्या और कहाँ से आती है?...? बेटे! गरमी रगड़ से पैदा होती है, और किसी तरीके से पैदा नहीं होती है। गरमी पैदा होने का एक ही तरीका ह...
- आखिर गरमी है क्या और कहाँ से आती है?...? कैसे गरमी रगड़ से पैदा होती है और किसी तरीके से नहीं होती है। गरमी पैदा होने का एक ही तरीका है रगड़ का...
- आखिर जो पैसा हमें मिलेगा, उसका हम करेंगे क्या?...? अगर 'करेंगे क्या' की बात न हो तो इससे अय्याशी बढ़ सकती है। इससे फैशनपरस्ती की वृद्धि हो सकती है। इसस...
- आखिर जो पैसा हमें मिलेगा, उसका हम करेंगे क्या?...? अगर ''करेंगे क्या'' की बात न हो तो इससे ऐय्याशी बढ़ सकती है। इससे फैशन−परस्ती की वृद्धि हो सकती है। इ...
- आखिर देवता क्या हैं?...? देवता क्या हैं, अन्तत:
देवता हैं मित्रो! मनुष्य के गुण, मनुष्य के कर्म और मनुष्य के स्वभाव। ...
- आखिर बनना क्या है?...? जाना कहाँ हैं? उनके सिद्धान्त क्या हैं? आखिर हमको बनना क्या है, इष्ट इसी का नाम है।...
- आखिर बात क्या है?...? गहराई में विचार करना पड़ेगा। चूँकि समस्या गहरी है, इसलिए हम इसको इतनी हलकी तबियत से हल नहीं कर सकते...
- आखिर भगवान है क्या और यह भगवान किस तरीके से प्राप्त किया जाता है और भगवान को प्राप्त करने के लिए किन चीजों की जरूरत होती है?...? यह तैयारियाँ आप कर लें, तो फिर विधियाँ तो मैं सेकण्डों में बता दूँगा, मिनटों में बता दूँगा। विधियों ...
- आखिर भीतरी उद्वेग को दबाने के लिए नशे के अतिरिक्त और किसका सहारा लिया जाय?...? ईश्वर से, धर्म से, बच्चों पर से, स्त्री से, अभिभावकों से, समाज से, अपने आप पर से विश्वास खोकर अनास...
- आखिर में कहाँ चले गए?...? आखिर में द्वारिका चले गए। आपके ऊपर तो होम सिकनेस हावी हो गई है, जो घर से आपको निकलने ही नहीं देती।...
- आखिर में क्या करना पड़ा?...? ‘‘अति लघु रूप पवनसुत कीन्हा’’ बहुत छोटा सा रूप बना लिया-‘‘मसक समान रूप कपिधरी।’’ छोटा सा रूप बना करक...
- आखिर में बूढ़े होने के बाद में रामचन्द्र जी कहाँ आ गये थे?...? देवप्रयाग आ गये थे और वहीं तपस्या करते रहे। भगवान रामचन्द्र की जिन्दगी कितनी मुसीबतों की जिन्दगी...
- आखिर यह आकाश, पाताल जैसा अभ्यन्तर बना कैसे?...? आया कहाँ से? लद पड़ा क्यों कर? इन अनबूझ पहेलियों को सुलझाते-सुलझाते, ओर छोर ढूँढ़ते-ढूँढ़ते वहाँ पहुँचन...
- आखिर यह कहाँ से आई?...? कहाँ से माता जी, यह गुरु मंत्र हमें बता दो हम भी दौलत खोदकर ले जाएँ, नहीं बेटे वह नहीं ला पाओगे, अपन...
- आखिर यह क्या हुआ?...? कैसे हुआ? दो वर्ष पहले जो तन सुंदर और स्वस्थ था, जिसका स्वास्थ्य ऐसा श्रेष्ठ मालूम पड़ता था, ...
- आखिर यह दान है क्या?...? वास्तव में यह समयदान का ही दूसरा रूप है। समय दान जो आदमी नहीं कर सकते, वह अर्थदान कर सकते हैं। समयदा...
- आखिर यह नर कहाँ से आया है?...? उस शक्ति से पैदा हुआ है। वह शक्ति मध्यकाल से अब तक कुछ दबती हुई चली आई और अपनी शक्ति के बारे में अनज...
- आखिर यह हुआ कैसे?...? भगवान ने कर दिया क्या? नहीं, भगवान ने नहीं, भाग्य ने कर दिया क्या? नहीं, भाग्य ने भी नहीं किया। पर क...
- आखिर यह हुआ कैसे?...? भगवान ने कर दिया क्या? नहीं। तो फिर भाग्य ने किया क्या? नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा। नहीं, क...
- आखिर यह हुआ कैसे?...? भगवान ने कर दिया क्या? नहीं, तो फिर भाग्य ने किया क्या? नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा? नहीं, क...
- आखिर ये किसने बनाए हैं?...? तब आपको मालूम पड़ेगा कि उस महामानव ने, उस सन्त ने और उस ऋषि ने बनाए हैं, जिसने कि अपने को तपा-तपा कर...
- आखिर ये क्या चीज है?...? चुप रह! क्यों पहनते हैं? पण्डित जी-पण्डित जी, हर वक्त धर्म के बारे में पूछताछ करता रहता है। धर्म के बा...
- आखिर ये क्या चीज है?...? चुप रह! क्यों पहनते हैं? पण्डित जी-पण्डित जी हर वक्त धर्म के बारे में पूछताछ करता रहता है। धर्म के बार...
- आखिर ये क्या बात है?...? एक ही चीज है और वह चीज है—हमारा स्नेह, वह चीज है—हमारा प्यार, वह चीज है—हमारी सहृदयता, जो आपको खींच ...
- आखिर ये क्या हैं?...? बेटे ये इशारे हैं। किसके इशारे हैं? वे उसी के लिए हैं, जो अध्यात्म का मूल उद्देश्य हैं, ‘आत्मसंशोधन’...
- आखिर ये खाली हाथ कैसे रह गए?...? खाली हाथ इसलिए रह गए कि उन्होंने केवल अपने स्वार्थ के लिए माँगा था, अपने लिए माँगा था। कहीं परमार्थ ...
- आखिर ये बीमार क्यों नहीं होते?...? थककर चूर-चूर क्यों नहीं होते? थकते क्यों नहीं? जरा इसकी भी वजह तो देखूँ। स्वामी रामतीर्थ जापानियों...
- आखिर रात में वह क्या करेगा?...? पहरा देगा, क्या करेगा रात में? नहीं साहब! योगी को दिन में सोना चाहिए और रात को जागना चाहिए। यह भ...
- आखिर शरीर ही तो व्यक्तित्व नहीं है?...? आखिर सुविधाएँ मिल भर जाने से ही तो सब कुछ सध नहीं जाता? कुछ इससे आगे भी है। यदि न होता तो साधन सम्पन...
- आखिर सुविधाएँ मिल भर जाने से ही तो सब कुछ सध नहीं जाता?...? कुछ इससे आगे भी है। यदि न होता तो साधन सम्पन्न ही सब कुछ बन गये होते। तब महामानवों की कहीं कोई पूछ न...
- आखिर हम इसका करेंगे क्या?...? किसी लोक-मंगल के लिए, अच्छे कार्य के लिए वरदान माँगा गया होता तो अवश्य फलता; इसमें दो राय नहीं हैं। ...
- आखिर हम क्या बनेंगे?...? अगर हम यह तय कर लें, तो मित्रो! हमारे भीतर देवता की हस्ती पैदा हो सकती है। देवताओं की संज्ञा में तब ...
- आखिर हम यया बनेंगे?...? अगर हम यह तय कर लें, तो मित्रों! हमारे भीतर देवता की हस्ती पैदा हो सकती है। देवताओं की संज्ञा में तब...
- आखिर हमको जीना कैसे है?...? यह सारे-का अध्यात्म, वह अध्यात्म है, जिसको आपने बाजीगरी का नाम दिया हुआ है। आपको मैं बाजीगरी का इतिह...
- आखिर हुआ क्या?...? कुछ भी नहीं हुआ, कायाकल्प हो गया। यही कायाकल्प जिसको करने के लिए आप लोग यहाँ आये हैं। भीतरवाला बदल द...
- आग अपनी जगह बनी रहे और लकड़ी अपनी जगह बनी रहे, तो यह कैसे हो सकता है?...? पानी और मिट्टी को हम मिला देते हैं, तो या तो मिट्टी को पानी बनना पड़ेगा या फिर पानी को मिट्टी बनना ...
- आग कहाँ से चलती है?...? उसकी टोपी से। कारतूस में एक छोटी सी टोपी लगी रहती है। जब घोड़ा दबाते हैं, तो उसमें से आग निकलती ह...
- आग का गलत उपयोग होने लगे तब?...? तब तो मुसीबत आ जाएगी। बिजली का गलत उपयोग होने लगे तब? तब तो बेटे मुसीबत आ जाएगी। अगर कहीं से कोई एक ...
- आग को तो देख सकते हैं पर गर्मी को कैसे देखेंगे?...? हवा को कैसे देखेंगे? भगवान को देखा नहीं जा सकता, अनुभव किया जा सकता है। बस! तू भगवान के खेत में बोना...
- आग छूते हैं तो छाले पड़ते हैं कि नहीं पड़ते?...? हाँ साहब! पड़ते हैं। तो तू उसे छू रहा है, जो आग से भी प्रचंड है। इससे छाले नहीं पड़ेंगे क्या? विवेका...
- आग छूते हैं तो छाले पड़ते हैं कि नहीं पड़ते?...? हाँ साहब! पड़ते हैं। तो तू उसे छू रहा है, जो आग से भी प्रचंड है। इससे छाले नहीं पड़ेंगे क्या? विवेकान...
- आग जलाने से भगवान् का क्या नुकसान है और दीपक जलाने से भगवान् का क्या बनता है?...? अतः ऐ दीपक! तू हमें अपनी भावना का उद्घोष करने दे।साथियो! हम भगवान् के चरणारविन्दों पर फूल चढ़ाते है...
- आग पर गरम करने से सामान्य वस्तुओं की भी उपयोगिता बढ़ाई जा सकती है फिर व्यक्तित्व की प्रखरता उससे क्यों न बढ़ेंगी?...? कच्चे अन्न को चूल्हे पर पकाकर मिष्ठान्न, पकवान बनाते हैं। ईंटों को भट्टे में लगाने से वे टिकाऊ बन जा...
- आग में क्या कमाल है?...? रेलगाड़ी में, इंजन में जलता है कि नहीं जलता। हाँ साहबा! जलता रहता है। लोहा गलाने की भट्टियों में जलती...
- आग में झोंक देने के बाद क्या होता है?...? वह गरम हो जाता है और गरम होने के बाद में मिट्टी अलग हो जाती है और पक्का लोहा अलग हो जाता है। पक्के...
- आगे आने वाले जमाने में क्या हो जायेगा?...? सारी सम्पत्तियाँ प्राचीनकाल के तरीके से जब्त हो जायेंगी। प्राचीनकाल में भी जब्त होती थीं, जब श्राद्ध...
- आगे आने वाले समय में क्या करते हैं?...? हनुमान जी ने सीता माता को लाने का शक्ति भर प्रयास किया था। जब भगवान राम से जुड़ गए, तो इतना पराक्रम ...
- आगे आने वाले समय में क्या करते हैं?...? हनुमानजी ने सीता माता को लाने का शक्ति भर प्रयास किया था। जब भगवान राम से जुड़ गए तो इतना पराक्रम आ ...
- आगे उसकी उन्नति की सम्भावना कहाँ है?...? उसकी उन्नति के लिए कोई गुंजाइश नहीं है, कोई सम्भावना नहीं है।
ठीक इसी प्रकार से कठपुतली के बारे मे...
- आगे उसकी उन्नति की सम्भावना कहाँ है?...? आगे उसकी उन्नति के लिए कोई सम्भावना नहीं है और न कोई गुंजाइश है।...
- आगे का पड़ाव सामाजिक असभ्यता के उन्मूलन का था, अगला मोर्चा वहाँ जमना था पर सैनिकों ने हथियार खोलकर क्यों रख दिए?...? युग की आत्मा इन प्रश्नों का उत्तर चाहती है। हमें इसका उत्तर देना होगा। यदि हम सामाजिक असभ्यता के उन्...
- आगे की जिन्दगी को देखना है, विश्व को देखना है, वर्तमान को क्या देखना है?...? आगे जो भविष्य है, इसका क्या होगा? जो आज ये समय चल रहा है इसके प्रति कितने चिन्तित हैं, नहीं मालूम। ज...
- आगे क्या होगा?...? भगवान जाने, लेकिन हमारे ख्वाब जरूर ऐसे हैं। नहीं साहब! आज की बात बताइए। आज की बात तो यह है कि छोटे स...
- आगे क्या होगा?...? भगवान जाने, लेकिन हमारे ख्वाब जरूर ऐसे हैं। नहीं साहब! आज की बात बताइए। आज की बात तो यह है कि छोटे स...
- आगे जब कभी मौका आता था तब अपने अफसर से कहते कि हमारा प्रमोशन नहीं हो सकता?...? अफसर कहता—अवश्य होगा। वे परीक्षा में बैठते और ऑफीसर उनका सहयोग कर देता था। इस प्रकार उनकी प्रगति होत...
- आगे जो भविष्य है, इसका क्या होगा?...? जो आज ये समय चल रहा है इसके प्रति कितने चिन्तित हैं, नहीं मालूम। जितने वो चिन्तित हैं, उतने ही आशावा...
- आगे नहीं चल सकते?...? आपमें क्या कमी है? मेरी निगाह से पूछिए आप प्रत्येक में इतनी शक्ति भरी पड़ी है कि मैं आपसे क्या कहूँ?...
- आगे हम मन के रूप की व्याख्या न करेंगे, पर ऐसे उपाय बतावेंगे जिससे स्थूल शरीर और भद्दे 'मैं' के टुकड़े-टुकड़े कर सको और उनमें से तलाश कर सको कि इनमें अहम् कौन-सा है?...? और उनमें भिन्न वस्तुएँ कौन-सी हैं? इस विश्लेषण को तुम मन के द्वारा कर सकते हो और उसे इसके लिए मजबूर ...
- आचमन कैसे करना चाहिए?...? प्राणायाम कैसे करना चाहिए? माला कैसे घुमाना चाहिए? हवन और आरती कैसे करना चाहिए, आदि क्या हैं? ये...
- आचमन तीन बार करते हैं, उसके पीछे क्या संकल्प होता है?...? उसके पीछे ये संकल्प होता है कि हमारी (मन, वाणी) मन, वचन और कर्म, इन तीनों में (शु) शुद्धता आए। शुद्ध...
- आचमन तीन बार करते हैं, उसके पीछे क्या संकल्प होता है?...? उसके पीछे यह संकल्प होता है कि हमारा मन, वाणी या वचन और कर्म—इन तीनों की शुद्धता के लिए जल पीते हैं ...
- आचार्य क्या करें?...?
उषापान का लाभ एवं तरीका बतायें। जैसे-
-पेट साफ हो जाता है, कब्ज का नाश होता है,
-शरीर-स्वस्थ्य रहता...
- आचार्य जी के बारे में जानकारी क्यों नहीं होगी?...? कैसे? अटल बिहारी वाजपेयी ने कहा—हम एक बार दिल्ली से बड़ौदा जा रहे थे, उसी गाड़ी से आचार्य जी बम्बई ज...
- आचार्य जी ने क्या चमत्कार किये?...? आचार्य जी ने अपनी जिन्दगी भर में इतने काम कर डाले कि जितना कोई नहीं कर सकता। वह पाँच जिन्दगी में ...
- आचार्य जी ने हमारे लिए क्या सन्देश भेजा है?...? आचार्य जी ने हमारे लिए क्या कहलवा करके भेजा है? तो आप इन्हीं तीनों बातों के बारे में बताना और उनसे...
- आचार्य जी ने हमारे लिए क्या कहलवा करके भेजा है?...? तो आप इन्हीं तीनों बातों के बारे में बताना और उनसे कहना कि आप इन्हें अपने जीवन में धारण करने की ...
- आचार्य ने उनसे पूछा- ‘क्या तुम्हें एकान्त नहीं मिला?...? ’ ब्रह्मदत्त ने उत्तर दिया-‘निर्जनता तो उपलब्ध हुई, पर मेरी आत्मा और परमात्मा तो चोरी को देखते ही थे...
- आचार्य ने उसे देख क्रुद्ध हो उठे और डाँटा-मुझे छुएगा क्या?...? चाण्डाल ठिठक गया और बोला-महाराज तो फिर बताइये मैं अपने भगवान् को कहाँ ले जाऊँ? आचार्य की आँखें खुल ग...
- आचार्य ने उसे देखा, तो क्रुद्ध हो उठे और डाँटा-मुझे छुएगा क्या?...? चाण्डाल ठिठक गया और बोला-महाराज तो फिर आप बतलाइए कि मैं अपने भगवान् को कहाँ ले जाऊँ? आचार्य की आँखें...
- आज तो हमारा मुँह बन्द कर दिया जाता है कि जब आपकी संस्कृति इतनी महान है तो उनके अनुयायी होते हुए भी आप इस दुर्दशाग्रस्त स्थिति में क्यों पड़े हैं?...? हो यह रहा है कि संस्कृति की चर्चा मात्र पर्याप्त मान ली गई है, उसके आवरणों को तो ओढ़े रखा गया है पर...
- आज अगर हमारी स्थिति में ऐसा ही परिवर्तन हो जाए तो फिर इस प्रकार की समस्याएँ कहाँ रहेंगी?...? कहाँ बर्बादी रह जाएगी? मित्रो! अपराध कैसे रह पायेगा? अगर मनुष्य अपने दिल के अन्दर भावना को जोड़ लें। ...
- आज अध्यात्म की व्याख्या कहाँ है?...? अध्यात्म की व्याख्या कहीं नहीं है जिसमें त्याग करना सिखाया जाता है। आज तो भोग करना सिखाया जाता है।...
- आज अवतार की आवश्यकता क्यों है?...? बेटे, आज अवतार की आवश्यकता इसलिए है, क्योंकि पुराने जमाने से आज की स्थिति और अधिक खराब है। वह ज्यादा...
- आज आदमी इतना अविश्वस्त और अप्रामाणिक हो गया है और जिस समाज में अप्रामाणिक और अविश्वस्त व्यक्ति भरे पड़े हों, उस समाज में भला खुशहाली कैसे आयेगी?...? चैन कैसे आयेगा? सन्तोष कैसे आयेगा? आदमी आज इस बुरी तरह से जल रहा है, जैसे कि मैंने सुना है कि राजा सग...
- आज आदमी का विश्वास है?...? नहीं, आदमी का विश्वास ही चला गया है। आदमी का चरित्र और आदमी का विश्वास न जाने कौन ले गया? आदमी की मो...
- आज आदमी कितना संकीर्ण, कितना स्वार्थी हो गया है?...? उसे दूसरों के बारे में कोई चिन्ता नहीं, केवल अपनी ही चिन्ता है। यह कौन होता है? केवल अपनी ही चिन्ता ...
- आज आदमी क्यों दुखी है, आप बता सकते हैं?...? पुरानी परिस्थितियों से आज की परिस्थितियाँ सर्वथा भिन्न हैं। पुराने जमाने में राक्षस होते थे और ऋषियो...
- आज आप क्या कर रहे हैं?...? आज मैं योग की व्याख्या कर रहा हूँ, क्योंकि भगवान को पाने के सिर्फ दो ही तरीके हैं। तीसरा तरीका आज तक...
- आज आप क्या कर रहे हैं?...? आज में योग की व्याख्या कर रहा हूँ, क्योंकि भगवान को पाने के लिए सिर्फ दो ही तरीके हैं। तीसरा तरीका आ...
- आज आप दुकान बन्द कर दीजिए, क्यों?...? दुकान का क्यों नुकसान कर दें, वो सामान्य समय की बात है।
असामान्य समय में आदमियों को असामान्य कार्य...
- आज आपके घरों में कौन पैदा हो रहा है?...? बिच्छू। आदमी बिच्छू है। घरों को, परिवारों को जिन नये उमर के लोगों से लाभ होना चाहिए था, वह लाभ नहीं ...
- आज आपको इस कूड़े-कचरे में से क्या चीज पल्ले पड़ने वाली है कुछ भी तो नहीं है सिवाय आफत पैदा करने के और दिमाग खराब करने के और पुरानी गपबाजियाँ खड़ी करने के, अपना समय और दूसरों का समय खराब कराने के, क्या है कथा?...? इसलिए कथा इन्होंने बनाई तो सही, कथा की परम्परा को जिन्दा रखा तो सही, ऐसी शानदार ढंग से कथा बनाई की म...
- आज आपको इस कूड़े-कचरे में से क्या चीज पल्ले पड़ने वाली है?...? कुछ भी तो नहीं है, सिवाय आफत पैदा करने के और दिमाग खराब करने के, पुरानी गप्पबाजियाँ खड़ी करने के, अपन...
- आज आपको क्या हुआ?...? कोई जुकाम, बुखार हो गया है क्या? भगवान् जी ने कहा- ‘‘नहीं नारद जी! जुकाम- बुखार तो कुछ नहीं हुआ।’’...
- आज आपने एक गाना सुना था कि नहीं?...? मुझे बहुत अच्छा लगता है और चाहे जब उस गाने की दो कड़ी मुझे याद आ जाती हैं, तो मेरे आँसू आ जाते हैं।
...
- आज इन उदाहरणों की आवश्यकता आपको सुनाने की क्यों पड़ गई?...? इसलिए पड़ गई कि परिजन कुछ हमारे व्यक्तिगत जीवन से सीखना चाहते हैं, कुछ समझना चाहते हैं। समझना चाहते ...
- आज इस प्रकार के लोग हो जाएँ, तो फिर समाज में गुण्डे कहाँ रह सकते हैं?...? समाज के लोगों को संगठित होकर अनीति के विरुद्ध संघर्ष करना चाहिए। हार जाने से कोई असफल नहीं होता। ह...
- आज उन्हीं की जन्मभूमि पर नारी पर किया जाने वाला अत्याचार क्यों?...? आज के युग में भारतीय नारी की शिक्षा का औसत सोचते ही रोंगटे खड़े हो जाते हैं और आश्चर्य होता है कि क्...
- आज एक भाई—दूसरे भाई का शत्रु बनता है, एक पड़ोसी दूसरे पड़ोसी का शत्रु बनता है, आखिर क्यों?...? यह चिन्तन की विकृति है। यदि चिन्तन सुधर जाए तब? तब फिर यह स्वर्ग हो जाएगा कि नहीं हो जाएगा। आज तो हम...
- आज एक लड़का आया, बोला कि क्या कमाल हो रहा है?...? मैंने कहा देखता जा। क्या हो रहा है? यह सारी की सारी वही गुरुसत्ता की शक्ति छाई हुई है, जो किसी के मु...
- आज एक लड़का आया, बोला कि क्या कमाल हो रहा है?...? मैंने कहा देखता जा। क्या हो रहा है ये सारी की सारी वही गुरुसत्ता की शक्ति छाई हुई है जो किसी के मुँह...
- आज कंस कहाँ है?...? दुर्योधन कहाँ है? पहले आदमी हमलावर होते थे हमलावरों की मारकाट करने के लिए भगवान् को भी हमलावरों के त...
- आज कलाकार कहाँ रह गया है?...? आज तो नर्तक और नट का स्वरूप है, क्योंकि उसने कला को एक वेश्या का रूप दे दिया और उस वेश्या ने मानव सम...
- आज कलाकार कहाँ रह गया है?...? आज तो नर्तक और नट का स्वरूप है, क्योंकि उसने कला को एक वेश्या का रूप दे दिया और उस वेश्या ने मानव सम...
- आज का आदमी सोचता है कि स्वर्ग मालूम नहीं कितना बड़ा होगा?...? खाने के लिए कुछ मिलता होगा या नहीं? वहाँ जाने काफी मिलती होगी कि नहीं? आमलेट मिलती होगी की नहीं? अगर...
- आज का दिन आप किस तरीके से बेहतरीन बना सकते हैं?...? अगर ये विचार आपके जी में आ जाये तो फिर मैं आपको यह कहूँगा कि आप स्वर्ग में निवास करने वाले आदमी हैं।...
- आज का दिन कितना शुभ है?...? भगवान् महावीर राजकुमार थे। उन्होंने सोचा कि राजकुमार होने की अपेक्षा सन्त होना अच्छा है, अतः हमें स...
- आज का दिन कितना शुभ है?...? भगवान् महावीर राजकुमार थे। उन्होंने सोचा कि राजकुमार होने की अपेक्षा सन्त होना अच्छा है, अतः हमें सन्त...
- आज का दिन वह है, जिसमें हमें विचार करना होगा कि पिछले दिनों हमसे क्या-क्या भूलें हुई हैं?...? कहाँ हमने गलतियाँ की हैं? उन्हें सुधारने की आवश्यकता है। यह धर्म-चक्र का दिन है, प्रातःकालीन उदीयमान...
- आज का समय आप देखते हैं?...? सन्धि का समय है। एक ओर कौरवों की सेना खड़ी हुई है एक ओर पाण्डवों की सेना खड़ी हुई है। एक ओर विनाश मुँह...
- आज कार्तिक पूर्णिमा है?...? ठीक है, ठीक है। चले जाना। कार्तिकेयकों हमारा आशीर्वाद कहना। गंगा को हमारा आशीर्वाद कहना।’’
मैं उनके...
- आज कितनी पकड़ी गईं?...? आज साहब! चालीस मन पकड़ी गईं। दूसरे दिन अठारह मन पकड़ी गईं। और क्या करते हैं? साहब! गंगाजल में स्नान ...
- आज कितनी पकड़ी गईं?...? आज साहब! चालीस मन पकड़ी गईं। दूसरे दिन अठारह मन पकड़ी गईं। और क्या करते हैं? साहब! गंगाजल में स्नान कर...
- आज कितनी सामाजिक समस्याएँ हैं?...? कोई सामाजिक समस्या नहीं है। एक ही सामाजिक समस्या है जिसके कारण हमारे समाज में अत्यन्त विग्रह उत्पन...
- आज कितने ही व्यक्ति ईसाई धर्म में दीक्षित हो गए, कितने क्या बन गए?...? मनुष्य बनेंगे नहीं तो क्या करेंगे? मनुष्य प्यार का भूखा है। जहाँ उसको प्यार है, वहीं उसकी गोद में चल...
- आज कितने ही व्यक्ति ईसाई धर्म में दीक्षित हो गए, कितने क्या बन गए?...? मनुष्य बनेंगे नहीं तो क्या करेंगे? मनुष्य प्यार का भूखा है। जहाँ उसको प्यार मिलता है वहीं उसकी गोदी ...
- आज किस प्रकार की स्थिति हो गयी है?...? चारों तरफ अन्धकार ही अन्धकार दिखाई पड़ रहा है। आज जो व्यक्ति प्रतिभाशाली हैं तथा आत्मबल से सम्पन्न ...
- आज की आपाधापी जिस तरीके से मनुष्य को हैरान और परेशान करने पर तुली हुई है, उसके परिणाम क्या होंगे?...? आज ही कौन-सी अच्छी परिस्थितियाँ हैं, लेकिन कल के दिन हमारे और भी खराब आने वाले हैं।अपराध बेतरीके स...
- आज की क्या परिस्थिति है?...? आज की परिस्थिति एक ही है कि आज के युग का जो रावण है, वह क्या है? इस युग की पूतना क्या है? इस युग की ...
- आज की क्या परिस्थिति है?...? आज की परिस्थिति एक ही है कि आज के युग का जो रावण है, वह क्या है? इस युग की पूतना क्या है? इस युग की ...
- आज की परिस्थिति एक ही है कि आज के युग का जो रावण है, वह क्या है?...? इस युग की पूतना क्या है? इस युग की ताड़का क्या है? इस युग की सूर्पणखा क्या है? इस युग की सुरसा क्या ...
- आज की परिस्थिति एक ही है कि आज के युग का जो रावण है, वह क्या है?...? इस युग की पूतना क्या है? इस युग की ताड़का क्या है? इस युग की शूर्पणखा क्या है? इस युग की सुरसा क्या ...
- आज की परिस्थिति में हमारे लिए क्या मुनासिब है और क्या करना चाहिए?...? यह सारी की सारी कर्मयोग की निशानियाँ हैं। गीता में फल की इच्छा के लिए मना किया गया है और आपको इसके ल...
- आज की परिस्थितियों में क्या ऐसा सम्भव है?...? इस पर सहज ही विश्वास नहीं होता। कारण कि इन दिनों आदर्शवादिता मात्र कहने की चीज रह गई है। वह व्यवहा...
- आज की पिछड़ी हुई नारी के अज्ञान का दण्ड भी यदि परिवार और समाज को भुगतना पड़ रहा है तो क्या आश्चर्य?...? इसलिए यदि हमें अपने देश और समाज की स्थिति अच्छी रखनी हो तो उसके लिए नारी का स्तर ऊँचा उठाए बिना और क...
- आज की मेरी बात अगर आपकी समझ में आ जाए तो इसकी पहचान यही है कि आपके हृदय में ऐसे परिवर्तन की दृष्टि उत्पन्न होनी चाहिए कि हमारा पिछला जीवन तो जो चला गया, सो चला गया, अब अगला जीवन कैसे व्यतीत करना चाहिए?...? अगर आप ऐसा करेंगे तो मजा आ जाएगा।...
- आज की विभीषिकाएँ उस दिव्य अवतरण की पुकार करती हैं तो आना कानी क्यों होती?...? विलम्ब क्यों लगता? युग चेतना के रूप में महाकाल की अवतरण प्रक्रिया का परिचय हम सब इन्हीं दिनों प्रत्य...
- आज की सामयिक समस्याएँ क्या हैं?...? आप बता सकते हैं? आज आदमी क्यों दुखी है, आप बता सकते हैं? पुरानी परिस्थितियों से आज की परिस्थितियाँ स...
- आज की हमारी हानि है कि नहीं?...? शबरी ने आज का फायदा देखा होता तो मतंग ऋषि से कहा होता- महाराज जी! आप मेरे खाने की बात कर रहे हैं...
- आज के इस विज्ञान की प्रगति के क्या कहने?...? उसने टेलीविजन से लेकर न जाने क्या-क्या बना लिया है? एक जमाना था जब तीर-कमान से लड़ाइयाँ लड़ी जाती थीं...
- आज के जमाने के जो बेटे हैं वह सबको मालूम है कि कैसे होते हैं?...? जोड़े हुए धन को सब खा जाएँगे, चाहे बेटा हो, चाहे साला हो, चाहे जमाई हो, क्यों नहीं लेगा? तेरे साथ कु...
- आज के जमाने के जो बेटे हैं, वह सबको मालूम है कि कैसे होते हैं?...? जोड़े हुए धन को सब खा जाएँगे, चाहे बेटा हो, चाहे साला हो, चाहे जमाई हो, क्यों नहीं लेगा? तेरे साथ कु...
- आज के जमाने में जैसा हमारा चरित्र और व्यक्तित्व है, घर-परिवार में जैसा वातावरण है, उसमें ढल-ढलकर जो आदमी आने वाले हैं, वे कैसे आने वाले हैं?...? ऐसे आने वाले हैं, जैसे बिच्छू। बिच्छू कैसे होते हैं? बेटे, बिच्छू ऐसे होते हैं कि जब वे अपनी माँ के ...
- आज के जमाने में महिलाएँ क्या कर सकती हैं?...? महिलाएँ यज्ञ की परम्परा और गायत्री मंत्र का जप जारी रख सकती हैं। उनको समय भी नहीं मिलता तो भी यदि वे ...
- आज के जमाने में महिलाएँ क्या कर सकती हैं?...? महिलाएँ यज्ञ की परम्परा और गायत्री मंत्र का जप जारी रख सकती हैं। उनको समय भी नहीं मिलता तो भी यदि वे ...
- आज के बोझिल जीवन की अपेक्षा भविष्य में अधिक कोमल हलका और प्रफुल्ल अवसर बालकपन के रूप में मिलेगा तो इसमें खिन्न होने की क्या बात है?...? आज शरीर और परिवार की छोटी सी परिधि में कोल्हू के बैल की तरह चक्कर काटने की भारवाही स्थिति से आगे बढ़क...
- आज के युग में आस्तिकता किस तरह विकृत हो गई है?...? ६. भगवान की उपासना व्यक्ति किस कारण करते हैं? ७. आस्तिकता की आस्था को परिपक्व करने के लिए किन-किन बा...
- आज के युग में भारतीय नारी की शिक्षा का औसत सोचते ही रोंगटे खड़े हो जाते हैं और आश्चर्य होता है कि क्या यही उन ब्रह्मवादिनी की भूमि है?...? जो-जो अत्याचार आज तक नारी पर अबला समझ कर किये गये, चाहे उससे अन्तरिक्ष फट पड़ा हो; परन्तु पुरुष का ह...
- आज के लेखे-जोखे में हमारा बैलेन्स देने वालों के पक्ष में चला जाता है, तो हम ‘देव’ और हमारा बैलेन्स लेने वालों के पक्ष में चला जाता है, तो हम ‘लेव’ लेव का अर्थ?...? अथवा उसका नाम? उसका नाम ‘दैत्य’ है।देव और दैत्य—दो थे प्राचीनकाल में और आज भी हैं। आकृति का फर्क और ...
- आज कोई आदमी अच्छा है, पर इससे यह अन्दाजा तो नहीं लगता कि कल क्या होने वाला है?...? कल की बात देखनी पड़ती है, फिर लड़की की बात तो जिन्दगी भर की है। जिन्दगी में आज लड़का अच्छा है, कल खराब...
- आज क्या खा करके आये?...? अरे! आज तो हमने परवल का शाक खाया। परवल तो मई के महीने में होता है और यह तो मार्च का महीना है। अरे सा...
- आज क्या फायदा, आज कितना फायदा है, कल को नुकसान हो, तो?...? ऐसी ही आमतौर से अदूरदर्शिता हर जगह फैली हुई है।...
- आज क्या भाव शक्कर मिलती है, क्या भाव कपड़ा मिलता है?...? इन सारी की सारी चीजों का अभाव हो जाएगा। आदमी भोजन के अभाव में मरते-खपते चले जाएँगे। दुनिया में बहुत ...
- आज क्या हुआ?...? मुझे और बच्चे को भूल गयी। ब्राह्मण की बारी आयी वरदान माँगने की, ब्राह्मण ने शंकर जी से कहा—भगवन्! मै...
- आज क्या है?...? आज तो निर्जला एकादशी है। निर्जला एकादशी को पानी पियेंगे? नहीं साहब! पानी नहीं पियेंगे। आप पानी क्य...
- आज क्या है?...? आज सोमवती अमावस्या है। सोमवती अमावस्या को सब गंगा नहाने जा रहे हैं। हाँ, सब गंगा नहाने जा रहे हैं? अ...
- आज खिला देंगे?...? आज भी खिला देंगे। कल खिला देंगे? कल भी खिला देंगे। महीने भर खिला देंगे? महीने भर भी खिला देंगे; पर त...
- आज गर्मी के दिनों में ठण्डक तथा ठण्डक के दिनों में गर्मी न जाने कैसा वातावरण हो गया है?...? बीमारियाँ ऐसी पैदा हो गई हैं कि अच्छे से अच्छे डॉक्टर भी परेशान हैं। वे कहते हैं कि अभी तक हमने ऐसा ...
- आज चोरी, अपराध को कैसे रोका जा सकता है?...? आज हर आदमी का ईमान खराब हो गया है। हर आदमी के पीछे अगर एक-एक सिपाही भी लगा दिया जाए, तो भी उसे रोक...
- आज जनसंख्या इस कदर बढ़ रही है कि उसका क्या कहना?...? अगर यह इसी हिसाब से बढ़ती रही, तो एटम बम की कोई आवश्यकता नहीं होगी। आदमी भूख से, प्यास से तड़प-तड़प क...
- आज जनसंख्या इस कदर बढ़ रही है कि उसका क्या कहना?...? अगर यह इसी हिसाब से बढ़ती रही, तो एटम बम की कोई आवश्यकता नहीं होगी। आदमी भूख से, प्यास से तड़प-तड़पकर ...
- आज जरा विचार करके देखें कि किसी के यहाँ अगर दो औरतें होती हैं तो खून-खच्चर नहीं होगा तो क्या होगा?...? इसी कारण उन्हें बन्धनों में रखा जाता था ताकि वे बगावत न करें, कहीं जहर न दे दें और अपने द्वेष एवं अह...
- आज जितनी नहरें हैं उतनी उस जमाने में थीं कहाँ?...? आज बिजली का जितना साधन-शक्ति प्राप्त है, उस जमाने में कहाँ थी? आज जितने अच्छे पक्के मकान और दूसरे या...
- आज जितने अच्छे पक्के मकान और दूसरे यातायात के साधन हैं, उस जमाने में कहाँ थे?...? लेकिन इस पर भी यह देश सम्पदा का स्वामी था। इस देश के नागरिक देवताओं के शिविर में चले जाते थे। यह भूम...
- आज जो परिस्थितियाँ विपन्न हो गई हैं कि शरीर त्याग का क्या मतलब है?...? शायद उनने कोई ऐसा कदम उठाया हो; ताकि उन्हें अपनी जीवनलीला समाप्त करनी पड़े।
गुरुदेव का निर्णय
...
- आज जो परिस्थितियाँ विपन्न हो गई हैं कि शरीर त्याग का क्या मतलब है?...? शायद उनने कोई ऐसा कदम उठाया हो ताकि उन्हें अपनी जीवन लीला समाप्त करनी पड़े। नहीं बेटो! उनका यह तीन स...
- आज जो मिसाइलें, अस्त्र-शस्त्र परमाणु बम आपको दिखलाई पड़ रहे हैं, यह क्या वृत्तासुर से कम हैं?...? आज हमें अनेकों किस्म के हत्यारे दिखाई पड़ रहे हैं। जो मात्र हजार-पाँच सौ रुपये लेकर किसी को, भी मार...
- आज जो हमारे झंडे के ऊपर और हमारे सिक्कों-नोटों के ऊपर तीन शेर वाला निशान बना हुआ है, वह सम्राट अशोक की निशानी है और जो हमारे राष्ट्रीय ध्वज पर चौबीस धुरी वाला और चौबीस पँखुड़ी वाला चक्र लगा हुआ है, यह क्या है?...? यह सम्राट अशोक के द्वारा पारित किया और प्रतिपादित किया हुआ धर्मचक्र प्रवर्तन है, जिसको हमने राष्ट्री...
- आज तक कभी भी उनकी जेब में एक चार पैसे नहीं निकले, तो तुम्हें कहाँ से दे देंगे, बताइए?...? बोल दे देंगे?
नहीं। हनुमान जी के पास जा और हनुमान जी से कहो कि हे हनुमान जी! हमारे बच्चा पैदा कर दो...
- आज तारीख क्या है?...? तेईस। पच्चीस तारीख को होने जा रहा है। इंदिरा गाँधी आने वाली है। एक इतना बड़ा एण्टीना लगा है कि उसके...
- आज तुझे पूजा−प्रार्थना नहीं करनी है क्या?...? मैं उठ गया। रात देर से सोया था, अतः फिर सो गया। फिर से सो गया तो ढाई बजे मुझे ऐसा मालूम पड़ा कि मैं ...
- आज तो इसमें फूल आ रहे हैं और न जाने क्या-क्या चीजें आ रही हैं, उन संकल्पों के कारण, कामना को भावना के रूप में बदल देने के कारण कि मैं क्या कहूँ?...? मुझे बड़ी प्रसन्नता हुई। इसे मैं भगवती सरस्वती का वरदान मानता हूँ कि मुझ ठूँठ जैसे व्यक्ति में भी पल्...
- आज तो न जाने क्या हो गया?...? क्या स्वरूप बदल गया है? देवताओं की हमने कैसी-कैसी दुर्गति की? इसे देखकर रोना आता है। एक दिन एक देवी ...
- आज तो पैंतीस वर्ष की महँगाई कहाँ गई?...? आजकल दस पैसे का क्या होता है जरा बताइए। चाय अस्सी पैसे की आती है और दस पैसे का क्या आयेगा? एक बटे आठ...
- आज तो पैंतीस वर्ष बाद महँगाई कहाँ आ गई?...? आजकल दस पैसे में क्या आता है। चाय अस्सी पैसे की आती है और दस पैसे का क्या आएगा-१/८ कप चाय अर्थात एक ...
- आज तो सब इकट्ठे चले आ रहे हो, क्या बात है?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘माताजी, सरोज का विवाह दिन है।’’
सरोज ने कहा, ‘‘माताजी, आज भाभी का भी सवालक्ष का अनु...
- आज तो समर्पण करते हैं और कल-परसों न जाने हम क्या करते हैं?...? यह कौन-सी श्रद्धा है? यह कौन-सा अध्यात्म है? यह कोई अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म वह होता है, जिससे व्य...
- आज दशहरा भी है और कौन सा दशहरा है?...? "गंगा दशहरा" है। भागीरथ ने तपस्या की थी। समस्त मानव जाति के उद्धार के लिए। गंगा अनवरत बहती हुई चली आ...
- आज दशहरा भी है और कौन-सा दशहरा है?...? 'गंगा दशहरा' है।
भगीरथ ने तपस्या की थी। समस्त मानव जाति के उद्धार के लिए। गंगा अनवरत बहती हुई चली ...
- आज दस पैसे किसे कहते हैं?...? आज बताइए। दस पैसे पैंतीस वर्ष पुरानी बात है। आज तो पैंतीस वर्ष की महँगाई कहाँ गई? आजकल दस पैसे का क्...
- आज दही जम जायेगा?...? बेटे, आज नहीं जम सकता। इसके लिए कल तक इन्तजार कीजिए। आज बीज बोने के बाद फल मिलने के लिए इन्तजार ...
- आज बिजली का जितना साधन-शक्ति प्राप्त है, उस जमाने में कहाँ थी?...? आज जितने अच्छे पक्के मकान और दूसरे यातायात के साधन हैं, उस जमाने में कहाँ थे? लेकिन इस पर भी यह देश ...
- आज मंगल है, बड़ी अच्छी बात है, मंगल है तो मेरा उपवास है, आज हनुमान जी का व्रत है, यह बताइए इस दिन आप क्या-क्या संकल्प लेते हैं?...? आगे आने वाले समय में क्या करते हैं? हनुमानजी ने सीता माता को लाने का शक्ति भर प्रयास किया था। जब भगव...
- आज मानवी मस्तिष्क विनाश के कगार पर खड़ा है-आज परिवर्तन और सन्तुलन की विकट प्यास है उसे कौन पूरा करे?...? निश्चित रूप से इतना बड़ा काम उसी के द्वारा हो सकेगा जिसने इस विराट ब्रह्माण्ड की रचना की है और उसके ग...
- आज में पहले यही बताना चाहूँगा आपको कि गायत्री की शिक्षाएँ और प्रेरणाएँ क्या हैं?...? फिर गायत्री उपासना और साधना के रहस्य समझाऊँगा। यह सारे के सारे रहस्य इस शिविर में बताते हुए चला जाऊँ...
- आज मैं क्या देख रहा हूँ और क्या सुन रहा हूँ?...? नारद के मुँह से क्या निकल रहा है, लेकिन हमारे आपके तरीके से नारद जी अपने स्वार्थ में इस कदर हावी थे ...
- आज यह बताइए कि मुझसे कोई दुर्व्यवहार तो नहीं हुआ?...? मेरे अन्दर कोई कटुता तो नहीं आई? दूसरा तुम्हारी कमियाँ निकाले तो उस पर खीजो मत, वरन् उसको सराहो कि हम...
- आज यूरोप अमेरिका में परिवार, कुटुँब के नाम पर क्या रहता है?...? सेक्स। सेक्स यानि भूत। आज लड़की की शादी में लोग 'कट' देखते हैं और कहते हैं कि शौक से शादी करेंगे। अग...
- आज राजनीति अधर्म पर है पहले उसे ठीक करेंगे पीछे अपनी अन्य सामाजिक बुराइयाँ भी?...? बेंजबुड बन इस कथन से बहुत प्रभावित हुए। (५) श्रावस्ती में भयंकर अकाल पड़ा। निर्धन लोग भूख से मरने लगे...
- आज लोगों की बुद्धि न जाने किस किस गलत काम में लग रही है?...? आज लोग अपनी बुद्धि को मिलावट करने, तस्करी करने, गलत काम करने में खरच कर रहे हैं; हमने निश्चय किया कि...
- आज विश्वभर में जो लाखों की संख्या में एटामिक हथियार बन रहे हैं, वे क्या बच्चों के खिलौने होंगे?...? नहीं, वे आग उगलेंगे। इससे मात्र तबाही आयेगी। सारी जगहों पर परमाणु युद्ध की होड़ लग जाएगी। इससे चारो...
- आज व्यक्ति की स्थिति क्या है?...? उसे देखकर उसके भूतकाल की विचार शैली को बताया जा सकता है और आगे उसका भविष्य क्या होगा? इसकी भविष्यवाण...
- आज शरीर और परिवार की छोटी सी परिधि में कोल्हू के बैल की तरह चक्कर काटने की भारवाही स्थिति से आगे बढ़कर कुछ समय उन्मुक्त अन्तरिक्ष में विचरण करने का अवसर मिलेगा और ईश्वर की अदृश्य गतिविधियों के सम्पर्क में रहना पड़ेगा तो उस कौतूहल पूर्ण स्थिति में रस लेने में भय क्यों माना जाय?...? यात्राओं का, प्रवास पर्यटन का आनन्द उठाने की इच्छा सभी को रहती है। उन दिनों घर छोड़ना पड़ता है और ढर्र...
- आज समाज से यदि नारी अपने आप को दूर कर ले अथवा अपने को निकाल ले तो क्या समाज का रथ केवल पुरुष रूपी एक पहिए पर एक दिन भी चल सकता है?...? नारी समाज की आधी जनसंख्या है। समाज के बहुत से ऐसे काम हैं जो नारी द्वारा ही किए जाते हैं। सदस्य, जिन...
- आज समाज से यदि नारी अपने आपको दूर कर ले अथवा अपने को निकाल ले तो क्या समाज का रथ केवल पुरुष रूपी एक पहिए पर एक दिन भी चल सकता है?...? नारी समाज की आधी जनसंख्या है। समाज के बहुत-से ऐसे काम है, जो नारी द्वारा ही किए जाते हैं। सदस्य जिनस...
- आज सारा विश्व यह देख रहा है कि कोई है क्या, हमको शीतलता देने वाला?...? कोई नहीं है, केवल आपका मिशन है, जो शीतलता दे सकता है, जिसके कि आप अनुयायी हैं। जिससे कि आप जुड़े हुए...
- आज सिनेमा की दुनिया से बच सकते हैं आप?...? बचकर दिखलाइए न। लड़के फैशन वाले पैंट पहने फिरते हैं, सिनेमा के गाने गाते फिरते हैं। उससे बचकर दिखलाइ...
- आज से तू शाम को सोया कर तो यह भावना किया कर ‘‘मर रहा हूँ’’ प्रातःकाल उठाकर तो यह मान कर मेरा नया जन्म हो रहा है?...? मुझे इसे समझदारी और विवेक से जीना चाहिए। मृत्यु को याद रहने और उद्देश्य पूर्ण जीवन जीने से वह शिष्य ...
- आज से दो करोड़ वर्ष पूर्व आपने जन्म लिया होता, तो मालूम पड़ता कि यहाँ क्या कर रखा है?...? तब यहाँ गड्ढे-ही थे। यहाँ पर कुछ नहीं था, लेकिन मनुष्य ने कैसे खुशहाल बना दिया। कैसे यहाँ ताजमहल...
- आज से हम काम करना बन्द कर दें तब?...? तब मेरा अपना ऐसा विश्वास है कि जो चीजें वहाँ से आती हैं, वे सब आना बन्द हो जाएँगी। तब सहायता मिलेगी? ...
- आज सोने का कितना मँहगा भाव है?...? इसमें अगर मान लो कोई आदमी पचास ग्राम का भी जेवर बनवाना चाहे तो उसको कितना रुपया चाहिए? यह कहाँ से आए...
- आज स्त्री-पुरुष के बीच की बुराइयाँ किस कदर बढ़ रही हैं?...? पचास प्रतिशत जनसंख्या लकवा से पीड़ित है। हम भारत में साठ करोड़ हिन्दू हैं, फिर भी तीस करोड़ महिलाएँ बंग...
- आज हम क्या कर सकते हैं?...? और आज हमें क्या करना चाहिए? आज की परिस्थिति में हमारे लिए क्या मुनासिब है और क्या करना चाहिए? यह सार...
- आज हम क्या कर सकते हैं?...? आज का प्रोग्राम हम आज बनाते हैं, कल की बात कल बनायेंगे। हमारी लड़की विवाह योग्य हो गयी है। वह प्राइमर...
- आज हम क्या करते हैं?...? आज हम अपनी स्वार्थपरता के कारण हर एक को चूसते हैं। किसको चूसते हैं? जो कोई भी हमारे पास आता है, हम...
- आज हम क्या करते हैं?...? आज हम अपनी स्वार्थपरता के कारण हर एक को चूसते हैं। किसको चूसते हैं? जो कोई भी हमारे पास आता है, हम उ...
- आज हम जब उसकी स्थिति देखते हैं तो हमें रोना आता है कि हे भगवान उसका रूप क्या हो गया?...? नारी के दयनीय रूप को आज हम देखते हैं तो हमें बड़ा दुःख, बड़ा क्लेश होता है। आजकल यह सब उनके अभ्यास में...
- आज हम जुलाब की गोली खा रहे हैं तो कल क्या हो भजता है?...? यह क्या है? यह समझदारी की निशानी है, जिसमें कि आदमी को अपने बाबत और दुनिया की बाबत आगे की बात दिखाई ...
- आज हम जुलाब की गोली खा रहे हैं तो कल क्या हो सकता है?...? यह क्या है? यह समझदारी की निशानी है, जिसमें कि आदमी को अपने बाबत और दुनिया की बाबत आगे की बात दिखाई ...
- आज हम देखते हैं कि नमक सत्याग्रह कैसे सफल हुआ?...? 25 कुण्डीय यज्ञों का आयोजन भी गायत्री महापुरश्चरण की शृंखला मिला करके मालूम पड़ता है कि यह कोई साधारण ...
- आज हमने राम को भुला दिया और यह भी भूल गये कि उसने हमें मनुष्य का जीवन क्यों दिया?...? बेटे, मनुष्य जीवन की गरिमा को समझ और यह समझ कि मनुष्य को भगवान् ने इतनी कीमती चीज क्यों दी? कीड़े-म...
- आज हमारी क्या परिस्थितियाँ हैं?...? आज हम क्या कर सकते हैं?आज का प्रोग्राम हम आज बनाते हैं, कल की बात कल बनायेंगे। हमारी लड़की विवाह योग्...
- आज हमारी जिम्मेदारी क्या है?...? और आज हमको करना क्या चाहिए? इसके लिए आदमी को उठा करके, झकझोर करके, चैतन्य करके तैयार कर दें। प्रज्ञा...
- आज हमारी संख्या-हम पण्डितों की, सन्तों की, बाबाजियों की संख्या छप्पन लाख है और गाँव कितने हैं?...? सात लाख। हर गाँव पीछे आठ सन्त आते हैं। यदि हम उस धर्म के मूल स्वरूप को लेकर हर गाँव में चले जाएँ तो...
- आज हमारी संख्या-हम पण्डितों की, सन्तों की, बाबाजियों की संख्या छप्पन लाख है और गाँव कितने हैं?...? सात लाख। हर गाँव पीछे आठ सन्त आते है। यदि हम उस धर्म के मूल स्वरूप को लेकर हर गाँव में चले जाएँ तो क्...
- आज हमारे पास कुछ नहीं—यह कैसी विडम्बना है?...? हे भगवान! हम क्या करें? आप बतलाएँ। उसने सोचा कि हमारे दो दाँतों में सोने की कीलें लगी हुई हैं। उसने ...
- आजकल क्या होता है?...? आजकल का दुश्मन सामने से कभी नहीं आता। कहाँ से आता है? बगल में से आता है, पीठ पीछे से आता है और दोस्त...
- आजकल विवाह सम्बन्ध किन आधारों पर तय किये जाते हैं?...? (२) विवाह सम्बन्ध का सच्चा आधार क्या होना चाहिए? (३) गृहस्थ के सुख शान्ति की आधार शिला क्या है? (४) ...
- आजादी का आन्दोलन कहीं से शुरू हुआ?...? पंजाब से शुरू हुआ था। पंजाब के राजा रणजीत सिंह सबसे पहले राजा थे, जिन्होंने इस आजादी के आन्दोलन में अ...
- आजादी का आन्दोलन कहाँ से शुरू हुआ?...? पंजाब से शुरू हुआ था। पंजाब के राजा रणजीत सिंह सबसे पहले राजा थे, जिन्होंने इस आजादी के आन्दोलन मे...
- आजादी नहीं मिली, तो हम क्यों सुखों का भोग करेंगे?...? इस तरीके से संकल्प कर लेना, व्रत धारण कर लेना कई बार बड़ा उपयोगी होता है। अनुष्ठान काल में नमक को त...
- आजादी प्राप्त की थी, लेकिन क्या आजादी ऐसे ही प्राप्त हो गयी थी?...? नहीं; हजारों आदमी उसमें सहयोगी थे। इसी तरीके से हमारी तपश्चर्या चल रही है, क्या हमारे अकेले की चल रह...
- आजीवन निर्वाह करना?...? यदि आजीवन निर्वाह करेंगे तो हम आपके साथ हैं। आपके जीवन के रूप में चलाने की जिम्मेदारी हमारी है और गा...
- आजीविका उपार्जन कैसे करना चाहिए?...? अर्थशास्त्र क्या है? आदि बातें सीख करके हम आजीविका उपार्जन कर सकते हैं और इस क्षेत्र में प्रवीणता हा...
- आजीविका और अमीरी उस जमाने जैसी हो, निर्वाह उस जमाने जितना सस्ता हो तो बचत की दौलत शादियों की धूमधाम तथा दान-दहेज में फूँकने की बात कुछ समझ में आती थी, अब जबकि आर्थिक तंगी से ही मध्यवर्ती और गरीब व्यक्ति का दम घुटा जा रहा है, तब उस पैसे की जिसकी स्वास्थ्य तथा व्यवसाय, शिक्षा-चिकित्सा आदि के लिए बेहद जरूरत है, उन्मादियों की तरह किस प्रकार विवाह-शादियों में होली की तरह फूँकना उचित कहा जा सकता है?...? हर कोई जानता है कि अपने हिन्दू समाज में यह सबसे बड़ी फूहड़ और मूर्खतापूर्ण कुरीति है कि विवाह शादी जैस...
- आजीविका न हो तो फिजूलखर्ची की रंगीली पतंगबाजी कितनी देर काम आती है?...? श्रमपूर्वक उपार्जन और एक-एक पाई का सदुपयोग करने वाली दूरदर्शिता ही सम्पन्नता को जन्म देती है। इस राज...
- आज्ञा देने से पूर्व बच्चे से यह न पूछे कि क्या तुम यह कार्य करोगे या करोगी?...? क्योंकि ऐसे पूछने पर ना की ही अधिक सम्भावना रहती है और ना कर देने पर फिर उससे जोर-जबरदस्ती से काम ले...
- आज्ञाचक्र जगने का मतलब आपका जीवन-चक्र घूमा कि नहीं घूमा?...? नहीं महाराज जी, यह तो केवल सिर में घूमेगा। बेटे, सिर में कोई चक्र नहीं घूमता। घूमता है, तो सारे क्...
- आटे की गोली के प्रलोभन में मछली और जाल के दानों पर टूट पड़ने वाली चिड़िया की अदूरदर्शिता हर किसी को अखरती है, पर उस व्यामोह को क्या कहा जाय?...? जो दुर्मति के सहारे दुर्गति कराने वाले अभिशाप के रूप में जन-जन के ऊपर लदा पड़ा है। इस सुयोग का जो लाभ...
- आठ घण्टे काम होता है या नहीं?...? हाँ साहब! होता है। एक घण्टे रेस्ट मिलता है या नहीं मिलता? हाँ साहब! मिलता है। तो आठ घण्टे हो गये या नह...
- आठ घण्टे बाकी रह गए ना?...? आठ घण्टे सोने के लिए और खाने के लिए और आठ घण्टा, आठ घण्टा मजदूरी करने के लिए १६ घण्टे, आठ घण्टे बचते हैं।...
- आड़ से निकलकर ईसा के सामने आ गए और आश्चर्यचकित हो बोले—‘‘प्रभु यह चमत्कार कैसे घटित हुआ?...? ’’ उन्होंने मुस्कराते हुए कहा—‘‘पवित्र आत्मा के अवतरण द्वारा। यह ‘होली घोस्ट’ और कुछ नहीं जागृत भाव-...
- आतंकवाद को आप देख रहे हैं न?...? कहीं बम फट रहे हैं, कहीं गोलियाँ चल रही हैं, कहीं कुछ और हो रहा है। ये सारी की सारी मुसीबतें-पाँचों ...
- आते ही बोले, ‘‘मुक्ति, क्या हो गया?...? बता कहाँ दर्द हो रहा है?’’ मैंने गुरुजी को बताया। गुरुजी ने कहा, ‘‘ले, मेरा हाथ पकड़ और बता कहाँ-कहाँ...
- आत्म विकास का क्या मतलब?...? आत्म विकास का मतलब ये है कि अपने आपका, अपने अहं के दायरे को बढ़ा देना। लोगों का दायरा बहुत छोटा है कू...
- आत्म विस्मृति की यह स्थिति कब तक रहेगी?...?
--पं. श्रीराम शर्मा आचार्यस्वतन्त्रता प्राप्ति से पूर्व हमें अपने भविष्य का अधिकार प्राप्त नहीं ...
- आत्म हत्या करने के लिए क्यों उतारू हो गया है?...? अपने ऊपर जरा रोकथाम कर। रोकथाम नहीं करेगा? नहीं महाराज जी! रोकथाम नहीं करूँगा। रोकथाम कर बेटे, रोक...
- आत्म-विकास का क्या मतलब?...? आत्म-विकास का मतलब ये है कि अपने आप का, अपने अहम के दायरे को बढ़ा लेना। लोगों का दायरा बहुत छोटा है, ...
- आत्मज्ञान किसे कहते हैं?...? जिन्दगी का स्वरूप और उद्देश्य समझ लेना इसी का नाम आत्मज्ञान है। भगवान बुद्ध को बोधि वट के नीचे आत...
- आत्मनिर्माण क्या है?...? आत्मनिर्माण उसे कहते हैं कि जो चीज आपके पास नहीं है या जो उच्चस्तरीय गुण, कर्म और स्वभाव आपके व्यक्त...
- आत्मनिर्माण में बराबर यह देखना पड़ेगा कि हमारे जीवन में क्या कमी है और उस कमी को कैसे पूरा करें?...? इसके लिए अपने स्वभाव को, अपनी आदतों को हम ठीक बनाएँ। निर्माण का मतलब बनाना होता है। अपने आप को बनाइए...
- आत्मबल की शक्ति आप कैसे पैदा करेंगे?...? इसके लिए हमने ब्रह्मवर्चस की छोटी-सी फैक्ट्री लगायी है। इसमें हम यह कोशिश करेंगे कि आत्मबल सम्पन्न म...
- आत्मबल कैसे प्राप्त होता है?...? आत्मबल के लिए दो ही तरीके हैं। एक का नाम योग है और एक का नाम तप है। अध्ययनशीलता, विचारों का परिष्कार...
- आत्मवत् सर्वभूतेषु क्या है?...? एक ही है, आप दूसरों की मुसीबतों में हिस्सेदार हो जाइये—एक ओर अपनी सुविधाओं को बाँट दीजिए। हो गया आत्...
- आत्मवत् सर्वभूतेषु क्या है?...? एक ही है - (आप) आप दूसरों की मुसीबत में हिस्सेदार हो जाइए - एक; और अपनी सुविधाओं को बाँट दीजिए - हो ...
- आत्मविकास का क्या मतलब है?...? आत्मविकास का यह मतलब है कि अपने आपके, अपने 'अहं' है के दायरे को बढ़ा देना। लोगों का दायरा कूपमण्डूक ...
- आत्मशोधन के पीछे क्या है?...? बेटे! यह वास्तव में अपनी आन्तरिक सफाई की प्रक्रिया है। आन्तरिक सफाई किस तरह से की जाती है? जिस तरह से ...
- आत्मशोधन के पीछे क्या है?...? बेटे! यह वास्तव में अपनी आन्तरिक सफाई की प्रक्रिया है। आन्तरिक सफाई किस तरह से की जाती है? जिस तरह स...
- आत्मशोधन-प्रक्रिया के कौन-कौन से अंग हैं?...? आप उसके बिना जप नहीं कर सकते; उसके बिना हवन नहीं कर सकते। उसके बिना कोई कर्मकाण्ड नहीं कर सकते; यह त...
- आत्मशोधन-प्रक्रिया के कौन-कौन से अंग हैं?...? आप उसके बिना जप नहीं कर सकते; उसके बिना हवन नहीं कर सकते। उसके बिना कोई कर्मकाण्ड नहीं कर सकते; यह त...
- आत्मसन्तोष, लोकसम्मान और दैवी अनुग्रह की महान् महत्ता के सम्बन्ध में जिनने कभी सुना-समझा तक नहीं, वे भला उसे पाने के लिए ही क्यों प्रयत्न करेंगे?...? इन दिनों तो पैसा ही परमेश्वर बना हुआ है। अहंकार का उन्माद इस कदर छाया हुआ है, कि उसके लिए समय, श्रम ...
- आत्महत्या तक के लिए उपाय अपना लेता है, फिर कोई कारण नहीं कि उत्थान का अभिलाषी अभीष्ट अभ्युदय के लिए सरञ्जाम न जुटा सके?...? दूसरों पर विश्वास करके उन्हें मित्र-सहयोगी बनाया जा सकता है। श्रद्धा के सहारे पाषाण-प्रतिमा में देवत...
- आत्मा और परमात्मा का मिलन कैसा होता है?...? इसकी व्याख्या कैसे करें?
ब्रह्मानन्द कैसा?
उन्हें एक उदाहरण सूझ पड़ा। बच्चे ने पू...
- आत्मा का कोई औचित्य नहीं है क्या?...? आत्मा की कोई इज्जत नहीं है क्या? आत्मा का कोई मूल्य नहीं है क्या? आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है क्...
- आत्मा का कोई मूल्य नहीं है क्या?...? आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है क्या? अगर है तो फिर आपको ऐसा करना पड़ेगा कि साथ-साथ दिनचर्या में आदर...
- आत्मा का कोई मूल्य नहीं है?...? आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है?
अगर है, तो फिर आपको ऐसा करना पड़ेगा—उसके साथ-साथ में दिन दिनचर्...
- आत्मा का कोई मूल्य नहीं है?...? आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है? अगर है, तो फिर आपको ऐसा करना पड़ेगा। उसके साथ-साथ में (दिन) दिनचर्...
- आत्मा का कोई वकत नहीं है?...? आत्मा की कोई इज़्ज़त नहीं है? आत्मा का कोई मूल्य नहीं है? आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है?
अगर है...
- आत्मा का कोई वकत नहीं है?...? आत्मा की कोई इज्जत नहीं है? आत्मा का कोई मूल्य नहीं है? आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है? अगर है, त...
- आत्मा का तेज और उसके साथ में मिला हुआ परमात्मा का तेज, दोनों का सम्मिश्रण हो, तो क्या कहने का?...? बारूद और बन्दूक दो अलग-अलग चीजें होती हैं, लेकिन दोनों को जब मिला देते हैं, तो जोरदार धमाका होता है। ...
- आत्मा का परमात्मा से रिश्ता क्या हो सकता है, इस पर विचार कीजिये?...? आधे घण्टे की उपासना का मतलब यही है।
मित्रो! आप साढ़े तेरह घण्टे इसी में लगाये रहते हैं कि बेटा हो ज...
- आत्मा किससे बनी है?...? आत्मा बेटे! श्वास से—प्राणों से बनी है। पाँच प्राणों से हमारा जीवन बना है। पाँच तत्त्वों से हमारा शर...
- आत्मा की उन्नति का सवाल कहाँ रहा?...? आत्मा की उन्नति कोई खेल-खिलौने थोड़े ही है कि आप रामायण पढ़ लेंगे, गीता पढ़ लेंगे, माला घुमा देंगे...
- आत्मा की उन्नति का सवाल कहाँ रहा?...? आत्मा की उन्नति कोई खेल-खिलौने थोड़े ही हैं कि आप रामायण पढ़ लेंगे, गीता पढ़ लेंगे, माला घुमा देंगे, गं...
- आत्मा की उन्नति की बात का सवाल कहाँ उठता है?...? आत्मा को भी मान्यता दीजिए। शरीर ही सब कुछ नहीं है। शरीर की आकांक्षाएँ ही सब कुछ नहीं हैं। इन्द्रियाँ...
- आत्मा की कोई इज़्ज़त नहीं है?...? आत्मा का कोई मूल्य नहीं है? आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है?
अगर है, तो फिर आपको ऐसा करना पड़ेगा—...
- आत्मा की कोई इज्जत नहीं है क्या?...? आत्मा का कोई मूल्य नहीं है क्या? आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है क्या? अगर है तो फिर आपको ऐसा करना प...
- आत्मा की कोई इज्जत नहीं है?...? आत्मा का कोई मूल्य नहीं है? आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है? अगर है, तो फिर आपको ऐसा करना पड़ेगा। उ...
- आत्मा की चिन्ता तो ऐसी स्थिति में क्या होगी?...? किन्तु आध्यात्मिक बौद्धिक तृप्ति के बिना जीवन में न तो गहरे सुख की अनुभूति सम्भव है और न शान्ति की। ...
- आत्मा कैसे और कहाँ चली गई?...? ’’ तो बाबा बोले-‘‘अरे! वे श्रीराम चले गए न... अब ये शरीर रखकर क्या करूँगा?’’ और कुछ ही दिनों बाद 19 ...
- आत्मा को क्या खिलाएँगे?...? आत्मा को रोटी थोड़े ही खिला सकते हैं आप? तब आत्मा को, अन्तःकरण को, जिसके आधार पर हम खुराक देते हैं, स...
- आत्मा को परमात्मा के साथ इसने अगर जोड़ा होता, तो रावण विश्व का न जाने कौन रहा होता?...? व्यास जी, वसिष्ठ जी, याज्ञवल्क्य आदि इससे पीछे रह गए होते। अत्रि ऋषि भी इससे पीछे रह गए होते।...
- आत्मा को भगवान की शक्तियाँ कहाँ से मिलती हैं?...? आत्मा क्या होती है? इस पर विचार करना चाहिए। हमारी चेतना ही परमपिता परमात्मा की चेतना के साथ में मि...
- आत्मा को भगवान की शक्तियाँ कहाँ से मिलती हैं?...? आत्मा क्या होती है? इस पर विचार करना चाहिए। हमारी चेतना ही परमपिता परमात्मा की चेतना के साथ में मिल ...
- आत्मा को रोटी थोड़े ही खिला सकते हैं आप?...? तब आत्मा को, अन्तःकरण को, जिसके आधार पर हम खुराक देते हैं, साधन देते हैं, असल में उसी के आधार पर कल्...
- आत्मा क्या है?...? परमात्म सत्ता का एक छोटा सा अंश। अणु की अपनी स्वातंत्र्य सत्ता लगती है, पर जिस ऊर्जा आवेश के कारण उस...
- आत्मा क्या है?...? परमात्म सत्ता का एक छोटा सा अंश। अणु की अपनी स्वतन्त्र सत्ता लगती भर है, पर जिस ऊर्जा आवेश के कारण उ...
- आत्मा क्या होती है?...? इस पर विचार करना चाहिए। हमारी चेतना ही परमपिता परमात्मा की चेतना के साथ में मिल सकती है। जड़ के साथ ...
- आत्मा क्या होती है?...? इस पर विचार करना चाहिए। हमारी चेतना ही परमपिता परमात्मा की चेतना के साथ में मिल सकती है। चेतना के ...
- आत्मा चली जाती है, जल्दी मर जाती है, शरीर किसी तरह जिन्दा रहता है?...? आत्माविहीन जिन्दगी—यह बड़ी घिनौनी जिन्दगी है जो जी रहा है आज का आदमी। इसमें भीतर सब कुछ जलता रहता है, र...
- आत्मा पर तू तलवार चला सकता है?...? आ इधर, उन्होंने उसके सिर पर हाथ फेरा और कहा कि जा, आज से तू डाकू नहीं, सन्त है।" अंगुलिमाल डाकू सन्त ह...
- आत्मा पर तू तलवार चला सकता है?...? आ इधर, उन्होंने उसके सिर पर हाथ फेरा और कहा कि जा, आज से तू डाकू नहीं, सन्त है।" अंगुलिमाल डाकू ...
- आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है क्या?...? अगर है तो फिर आपको ऐसा करना पड़ेगा कि साथ-साथ दिनचर्या में आदर्शवादी सिद्धान्तों को मिलाकर रखना पड़े...
- आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है?...? अगर है, तो फिर आपको ऐसा करना पड़ेगा—उसके साथ-साथ में दिन दिनचर्या में आदर्शवादी सिद्धान्तों को मिला ...
- आत्मा से आपका कोई सम्बन्ध नहीं है?...? अगर है, तो फिर आपको ऐसा करना पड़ेगा। उसके साथ-साथ में (दिन) दिनचर्या में आदर्शवादी सिद्धान्तों को मिल...
- आत्मा स्वभावतः पवित्र है, वह अपने ऊपर इन पाप-मूलक कुविचारों, प्रभावों को जमा हुआ नहीं रहने देना चाहती, वह इस फिक्र में रहती है कि किस प्रकार इस गन्दगी को साफ करूँ?...? पेट में हानिकारक वस्तुएँ जमा हो जाने पर पेट उसे कै या दस्त में निकाल बाहर करता है। इसी प्रकार तीव्र ...
- आत्मा, परमात्मा के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आप केवल कर्तव्यों पे विचार करें, और अधिकारों की उपेक्षा करने लगें, तो मैं ये कहूँगा कि (आपका कायाकल्...
- आत्मानुसन्धान के लिए अन्वेषण कार्य किस प्रकार चलना चाहिए, साधना-उपासना का वैज्ञानिक आधार क्या है?...? मनःशक्तियों के विकास में साधना उपचार किस प्रकार सहायक सिद्ध होते हैं?...
- आदत क्या पड़ गई है?...? प्रचलन क्या है? इन सब बातों को ताक में रख कर इतना ही सोचना होगा कि इन समस्त अड़ंगेबाजी की तुलना में...
- आदमी अगर सही माने में भगवान से जुड़ा है, तो भगवान से कम कैसे हो सकता है?...? चलिए उससे घटिया बात भी अगर मान लें, तो लोहा पारस से छूकर पारस न भी हुआ, तो सोना तो जरूर हो जाता है। ...
- आदमी अपने को कैसा भूला हुआ है?...? अपने आप को शरीर समझता है, आत्मा अपने आप को नहीं समझता। उसकी याद दिलाने के लिए ये सब कुछ है और इसमें ...
- आदमी अपने गुणों का विकास कुटुँब के बिना, परिवार के बिना कहाँ कर सकता है?...? आदमी कहाँ सीख सकता है। धर्मपत्नी के प्यार का, एक आत्मा का दूसरे आत्मा के साथ समर्पण का, उसके प्यार क...
- आदमी अपवित्र होता है, खून का बना हुआ, माँस का बना हुआ, टट्टी-पेशाब का घड़ा अपवित्र है और पवित्र कैसे होता है?...? पवित्र ज्ञान से होता है। पवित्र सत्कर्म से हो जाता है। पवित्र सद्भाव से हो जाता है। गायत्री मंत्र आध...
- आदमी अपवित्र होता है-खून का बना हुआ, माँस का बना हुआ, टट्टी-पेशाब का घड़ा अपवित्र है और पवित्र कैसे होता है?...? पवित्र ज्ञान से होता है। पवित्र सत्कर्म से हो जाता है। पवित्र सद्भाव से हो जाता है। गायत्री मंत्र आध...
- आदमी इतना बड़ा और ढकोसला कितना बड़ा?...? यह क्या है? 'अहं' है। आदमी की ये तीन जंजीरें ऐसी हैं कि जो आपकी आध्यात्मिक विशेषताओं को नष्ट करती रह...
- आदमी एक शरीर से क्यों जुड़ा हुआ रहेगा?...? सभी शरीरों में अपनी आत्मा को समाया हुआ क्यों नहीं देखे। सारे समाज को एक कुटुम्ब क्यों नहीं माने? चन्...
- आदमी एहसानों से दबा हुआ है, कपड़ा आप जो पहनते हैं, दवाएँ जो इस्तेमाल करते हैं, किताबें जो आप पढ़ते हैं या जो उद्योग-धंधा करते हैं, अपने आप में कैसे कर सकते हैं?...? ये समाज का ऋण है जिसकी वजह से आप इतने उन्नतिशील हुये हैं। इस ऋण को चुकाना आपका काम है अर्थात समाज से...
- आदमी और आदमी की बन्दगी में रहने वाले जानवर क्यों बीमार होते हैं?...? उसका एक कारण है कि हमको वह गायत्री मंत्र, जिसको हम ऋतंभरा प्रज्ञा कहते हैं, जो शास्त्र के बारे में ज...
- आदमी का खरच बढ़ता चला जाए और आमदनी की अपेक्षा खरच ज्यादा किया तो दर्द कैसे दूर हो जाएगा?...? अपव्यय अगर मनुष्य के काबू से बाहर है तो चाहे कितनी की आमदनी क्यों न बढ़े हमेशा कर्जदारी की समस्या बन...
- आदमी का चरित्र और आदमी का विश्वास न जाने कौन ले गया?...? आदमी की मोहब्बत न जाने कौन ले गया? आज आदमी इतना घिनौना और कमीना हो गया है। मैं कह नहीं सकता कि आज का...
- आदमी का दिमाग खराब हो जाए तब?...? तब एक से एक बढ़िया परामर्श देने वाले, एक-से सहायता देने वाले क्या कर सकते हैं? कोई सहायता नहीं कर सकत...
- आदमी का पेट कितना छोटा है?...? भैंसे का पेट कितना बड़ा है, घोड़े का पेट कितना बड़ा है, गधे का पेट कितना बड़ा है पर आदमी का पेट बहुत...
- आदमी का पेट कितना छोटा होता है?...? भैंसे का पेट कितना बड़ा है? गधे का पेट कितना बड़ा है? घोड़े का पेट कितना बड़ा है? परन्तु आदमी का पेट ...
- आदमी का मन किसमें लगता है?...? क्या बतायें साहब! आजकल तो हमारा सीलिंग का काम हो गया है और अब हमारे पास दुकानदारी आ रही है। सबेर...
- आदमी का वजन और वकत एक ही चीज से तौली जा सकती है कि आदमी आखिर विचारता क्या है?...? सोचता क्या है? उसकी आकांक्षा क्या है? उद्देश्य क्या है? अगर आप इस तरीके से कर पाए, तो आप धन्य हाे जा...
- आदमी का वजन और व्यक्तित्व किससे बढ़ता है?...? सिद्धान्तों से। आदमी का वजन दुनिया में किसने बढ़ाया? सिद्धान्तों के पालन ने। सिद्धान्तों का पालन ...
- आदमी का वजनदार व्यक्तित्व कैसे बनता है और वजनदार व्यक्तित्व की वजह से वह जनता के मध्य सम्मानित कैसे होता है और उनको जन सहयोग कैसे मिलता है?...? आपको मैं बता सकता हूँ। जन सहयोग मिलने के कारण से आदमी छोटी से छोटी हैसियत का होने पर भी ऊँची से ...
- आदमी का विश्वास कितना जबरदस्त है?...? आदमी का विश्वास कितना बड़ा है? न जाने क्या-से बना देता है? वो काली को इस बात के लिए मजबूर कर देता है ...
- आदमी का विश्वास कितना बड़ा है?...? न जाने क्या-से बना देता है? वो काली को इस बात के लिए मजबूर कर देता है कि उसको रोटी खानी ही चाहिए। रा...
- आदमी का विश्वास खाता था और मीरा के साथ नाचता कौन था?...? कृष्ण? कृष्ण नहीं, श्रीकृष्ण को मरे हुए तो पाँच हजार वर्ष हो गये। मरा हुआ आदमी क्या नाच सकता है? तो ...
- आदमी का व्यक्तित्व न हो, तो कैसे काम चलेगा?...? बच्चा जो गन्दा होता है, उसे कोई गोदी में लेना नहीं चाहता है। अच्छा सुन्दर बच्चा सब कोई ले लेता है। उस...
- आदमी का व्यवहार कैसा होगा—यह प्रेरणा हमको यज्ञ से मिलेगी और मनुष्य का चिन्तन कैसा होगा, व्यक्ति का, समाज का, राष्ट्र का और विश्व का चिन्तन कैसा होगा?...? यह सारी की सारी प्रेरणाएँ गायत्री के उस बीज-मंत्र से मिलेंगी जो चिरपुरातन और चिरनवीन है। चिर-पुरातन ...
- आदमी का साहस ही क्या जो मौत का मुकाबला नहीं कर सकता?...? मुसीबतों का मुकाबला नहीं कर सकता? बेटे! जीतता वह है, जो सिद्धान्तों पर चलता है और सिद्धान्तों को जीता ...
- आदमी का सिर काट डालने से क्या आदमी बदल जाएगा?...? मरने के बाद भूत हो जाएगा, पलीत हो जाएगा और फिर तंग करेगा, मक्कारी करेगा। इस तरीके से मार डालने से क्...
- आदमी का सिर काट डालने से क्या आदमी बदल जाएगा?...? मरने के बाद भूत हो जाएगा, पलीत हो जाएगा और फिर तंग करेगा, मक्कारी करेगा। इस तरीके से मार डालने से क्...
- आदमी काम से जी चुराते रहेंगे, वहाँ सम्पन्नता और खुशहाली कैसे आ सकती है?...? माला के मनकों का रहस्य मित्रो! हम मनुष्य की सारी समस्याओं का समाधान करने चले हैं, जिसमें आर्थिक समस्...
- आदमी कितना जाहिल है कि वह सेवा-सहायता करने से पहले यह तय कर लेना चाहता है कि कहीं ये नकली देवता तो नहीं हैं?...? जिसका हम हुकुम मानें, आखिर वो है क्या? आदमी यह तलाश करना चाहता है।
(क्रमश:)
[परमपूज्य...
- आदमी कितना दुष्ट हो सकता है?...? इसकी आप कल्पना नहीं कर सकते। मिस्र के पिरामिडों में मिस्र के जिन राजाओं के साथ एक-एक हजार औरतें और र...
- आदमी की अकल, आदमी की चेतना की सामर्थ्य का क्या कहना?...? प्राणी जब पैदा हुआ था, तब आदिमानव के रूप में था, बन्दर के रूप में था। चेतना ने आवश्यकता समझी कि तुम्...
- आदमी की अकल, आदमी की चेतना की सामर्थ्य का क्या कहना?...? प्राणी जब पैदा हुआ था, तब आदिमानव के रूप में था, बन्दर के रूप में था। चेतना ने आवश्यकता समझी कि तुम्ह...
- आदमी की इच्छाएँ, प्रेरणाएँ, विचारणाएँ, क्रियाएँ क्या हैं?...? आदमी की इच्छाएँ पहले होती हैं, इच्छाओं पर विचार करने के बाद में शरीर को उसका हुक्म मानना पड़ता है। शर...
- आदमी की इज्जत इस बात में है कि उसने अपने फर्ज और कर्तव्यों को निभाया कि नहीं निभाया?...? दूसरों के साथ उसने शराफत और भलमनसाहत का व्यवहार किया कि नहीं किया? आदमी की इज्जत का प्वाइंट यही ...
- आदमी की एक साँस कितनी कीमती है?...? बेहद कीमती है। इसकी कीमत का आप अन्दाजा नहीं लगा सकते। इसकी कीमत का अन्दाज आप उस समय लगा सकते हैं ...
- आदमी की मानसिक प्रसन्नता को कौन छीन ले जाता है?...? ये बन्धन छीन ले जाते हैं, जिनको मैं आपसे निवेदन कर रहा था कि बन्धनों से अगर मुक्ति मिल जाए तो आपको मुक...
- आदमी की मेहनत क्या रही?...? न कोई मेहनत, परिश्रम करके फोकट में ही पैसा मिल जाता है, तो फिर परिश्रम को साथ-साथ में क्यों जोड़ा जाए...
- आदमी की मोहब्बत न जाने कौन ले गया?...? आज आदमी इतना घिनौना और कमीना हो गया है। मैं कह नहीं सकता कि आज का आदमी जैसा घिनौना और कमीना हो गया ह...
- आदमी की सेहत को कैसे अच्छा बनाया जाए?...? लेकिन आपको ये भुलाना नहीं चाहिए कि अन्तरंग जीवन अगर सुव्यवस्थित न हो सका तो हमारे स्वास्थ्य की समस्य...
- आदमी की स्वार्थपरता का यही सिलसिला यदि जारी रहा, तो बेटे दुनिया में क्या हो जायेगा?...? मैं नहीं जानता। मैं समझता हूँ कि स्वार्थों की और खुदगर्जी की बेदी पर दुनिया खत्म हो जायेगी, मेरा...
- आदमी की हिम्मत और आदमी की जुर्रत ये क्या हैं?...? देवता हैं। इनका नाम क्या है? इनका नाम है—हनुमान जी। हनुमान जी ऐसे होते हैं? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। ...
- आदमी की हिम्मत और आदमी की जुर्रत ये क्या हैं?...? देवता हैं। इनका नाम क्या है? इनका नाम है-हनुमान जी। हनुमान जी ऐसे होते हैं? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। ...
- आदमी के अन्दर स्वयं की कमजोरी, माँ-बाप की कमजोरी, मित्रों की कमजोरी, वातावरण की कमजोरी और न जाने कितनी कमजोरियाँ होती हैं?...? उसे चीरता हुआ जो आगे बढ़े मछली की तरह से उसे हिम्मती कहते हैं। वास्तव में ऐसे व्यक्ति को ही शक्तिपात ...
- आदमी के उज्ज्वल भविष्य की सेवा?...? ये तो सेवा केवल ज्ञान से ही बन सकती है। लेकिन ज्ञान भी अपूर्ण है। आदमी सेवा न करे, (लोगों का) श्रम अ...
- आदमी के चरित्र और गुण, कर्म, स्वभाव में कैसे हेर-फेर होना चाहिए?...? यह बताने के लिए आपके यहाँ वे लोग नहीं आएँगे। आपको ही उनके यहाँ जाना पड़ेगा। बाढ़ पीड़ित हमारे यहाँ आ...
- आदमी के छोटे दिल और व्यवहार के कारण न जाने कितनी समस्याएँ खड़ी हो गई हैं?...? राजनीति पैदा करके नेताओं ने प्रान्त को, देश को बर्बाद कर दिया। काहे का प्रान्त, काहे का विवाद—एक ही ...
- आदमी के जीवन में गायत्री का समावेश कैसे हो?...? अध्यात्म थिऑरी में नहीं व्यक्तित्व में होना चाहिए और व्यक्तित्व थिऑरी में नहीं रहता, वह आदमी के साथ ...
- आदमी के पास केवल परिश्रम हो तो?...? हाँ बेटे! तो भी काफी है। अन्य लोगों के पास, महापुरुषों के पास केवल परिश्रम था और क्या बताना? कुछ भी ...
- आदमी के भीतर क्या हलचलें शुरू हो जाती हैं?...? धड़कन के स्थान पर एक नई प्रक्रिया शुरू हो जाती है और उसका नाम है—सड़न। सड़न की एक्टीविटीज बहुत त...
- आदमी के भीतर यह सब दिखाई न पड़े तब?...? तब मैं यह कहता हूँ कि योग हुआ नहीं। न गंगाजल का योग नदी के साथ हुआ, न बिजली करेंट का, न पारस का लोहे...
- आदमी के लिए काम न जाने कितना है?...? परन्तु उनका वजन, व्यक्तित्व है या नहीं—यह लोग देखते हैं। लालबहादुर शास्त्री के अन्दर ये चीजें थीं; व...
- आदमी के व्यक्तित्व को तो आप समझते ही नहीं कि व्यक्तित्व किसे कहते हैं?...? चरित्र किसे कहते हैं? आपको राजनीति मैं बता दूँगा। धर्मनीति मैं बता दूँगा। जिस क्षेत्र में भी आप जा...
- आदमी को अपनी छाया पर विश्वास नहीं रहेगा कि यह मेरी छाया है कि नहीं?...? और यह कि मेरी छाया मेरी सहायता करेगी कि नहीं?
आज यूरोप में यही स्थिति है। दांपत्य जीवन के बा...
- आदमी को कितना चाहिए?...? आदमी को जरा-सा चाहिए। भगवान ने उसे इस लायक बनाया है जितना कि जितना कि ढेरों-के ढेरों कमा सकता है, सो...
- आदमी को कैसा बढ़िया वाला दिमाग मिला हुआ है?...? आदमी को कैसा अच्छा कुटुम्ब मिला हुआ है और आदमी को कैसा कार्यक्षेत्र मिला हुआ है? लेकिन इस सारे-के-स...
- आदमी को कैसा अच्छा कुटुम्ब मिला हुआ है और आदमी को कैसा कार्यक्षेत्र मिला हुआ है?...? लेकिन इस सारे-के-सारे क्षेत्र का, उचित और अनुचित का समाधान हम नहीं निकाल पाते। मित्रो! क्या करना चाह...
- आदमी को जाने क्या हो गया है?...? आदमी का स्वभाव, आदमी की आदतें ऐसी वाहियात हो गयी हैं कि उसने अपने कुल्हाड़े से अपनी ही टाँगें काट डाल...
- आदमी को धूप में खड़ा करेंगे?...? धूप में नहीं खड़ा करेंगे। उसे अपनी हवस और अपनी कामनाओं पर अंकुश लगाना सिखाएँगे। तप इसी का नाम है। यह...
- आदमी को धूप में खड़ा करेंगे?...? धूप में नहीं खड़ा करेंगे। उसे अपनी हवस और अपनी कामनाओं पर अंकुश लगाना सिखाएँगे। तप इसी का नाम है। यही...
- आदमी को यह प्रकाश मिले कि हमारे सोचने का सही तरीका क्या है, समाज की समस्याओं का वास्तविक स्वरूप क्या है, व्यक्ति की उलझनों का वास्तविक कारण क्या है, उनका समाधान किस तरीके से किया जा सकता है?...? अगर यह राह मिल जाए तो बीमारियों का निदान हो जाएगा कि समाज में फैली हुई विकृतियों का एकमात्र कारण मनु...
- आदमी को यह प्रकाश मिले कि हमारे सोचने का सही तरीका क्या है, समाज की समस्याओं का वास्तविक स्वरूप क्या है, व्यक्ति की उलझनों का वास्तविक कारण क्या है, उनका समाधान किस तरीके से किया जा सकता है?...? अगर यह राह मिल जाए तो बीमारियों का निदान हो जाएगा कि समाज में फैली हुई विकृतियों का एकमात्र कारण मनु...
- आदमी को शिकायत कब नहीं हो सकती?...? जब उसको यह मालूम हो कि हम ड्रामा कर रहे हैं, दुनिया में बहुत सारी दिक्कतें आती हैं। दुनिया में ब...
- आदमी को संयम देती है, एक संयम से क्या फायदा होता है?...? संयम से आदमी का भौतिक जीवन और शारीरिक जीवन बलवान हो जाता है और मानसिक क्षेत्रों में गायत्री क्या देत...
- आदमी को समय मिला हुआ है, आदमी को श्रम मिला हुआ है, आदमी को कैसा अच्छा-खासा शरीर मिला हुआ है?...? आदमी को कैसा बढ़िया वाला दिमाग मिला हुआ है? आदमी को कैसा अच्छा कुटुम्ब मिला हुआ है और आदमी को कैसा ...
- आदमी क्या निकालता है?...? बदबू। आदमी क्या है? बदबू। इसीलिए इस कमबख्त को बार-बार स्नान कराना पड़ता है। कभी तेल चुपड़ना पड़ता है...
- आदमी क्या निकालता है?...? बदबू। आदमी क्या है? बदबू इसीलिए इस कमबख्त को बार-बार स्नान कराना पड़ता है। कभी तेल चुपड़ना पड़ता है, क...
- आदमी क्या सोचता है और क्या करना चाहता है?...? आदमी की इच्छाएँ, प्रेरणाएँ, विचारणाएँ, क्रियाएँ क्या हैं? आदमी की इच्छाएँ पहले होती हैं, इच्छाओं पर ...
- आदमी क्या है?...? बदबू। इसीलिए इस कमबख्त को बार-बार स्नान कराना पड़ता है। कभी तेल चुपड़ना पड़ता है, कभी कोई पाउडर चुपड...
- आदमी क्या है?...? बदबू इसीलिए इस कमबख्त को बार-बार स्नान कराना पड़ता है। कभी तेल चुपड़ना पड़ता है, कभी कोई पाउडर चुपड़ना...
- आदमी क्या होता चला जाता है?...? आदमी भूत-पलीत होता चला जाता है। आदमी को जाने क्या हो गया है? आदमी का स्वभाव, आदमी की आदतें ऐसी वाहिय...
- आदमी गायत्री उपासना से दीर्घजीवी बन सकते हैं तो क्या साहब यह ठीक है?...? क्या यह कोई दवा है? क्या यह कोई कायाकल्प है लम्बी जिन्दगी का? इसमें जादू है या कोई दवा है। केवल एक ही ...
- आदमी गायत्री उपासना से दीर्घजीवी बन सकते हैं तो क्या साहब यह ठीक है?...? क्या यह कोई दवा है? क्या ये कोई कायाकल्प है? क्या ये कोई ऐसी चीज है जैसी कि अमेरिका में मरा हुआ आदमी...
- आदमी जब पृथ्वी पर खड़ा होगा, तो उसका गाल पृथ्वी के बराबर होगा कि छोटा होगा और सूरज तो करोड़ों गुना बड़ा है, तो फिर हनुमान जी उसे गाल में कैसे ले लेंगे?...? मुझे समझा तो दीजिए। सूरज की गरमी हमें यहाँ तपा देती है और अगर वही गरमी हनुमान के गाल में जाएगी, तो उ...
- आदमी जब श्रेष्ठता के साथ जुड़ जाता है, नाला गंगा से जब जुड़ जाता है, तो क्या हो जाता है?...? श्रेष्ठ हो जाता है। मनुष्य जब भगवान से जुड़ जाता है, तो क्या हो जाता है? वह भगवान हो जाता है। आदमी अ...
- आदमी जानवर है या शैतान?...? शैतान चाहे भजन करे चाहे अमुक काम करे, जहाँ है वहीं का वहीं रहेगा। फिर क्या होने वाला है? आदमी अब मरे...
- आदमी दूसरी चीज क्या चाहता है?...? आदमी दूसरी चीज चाहता है—इज्जत। हमको इज्जत मिलनी चाहिए। आप इज्जत चाहते हैं? हाँ साहब! हम जो ठाठ-बाट ब...
- आदमी ने लकीर पीटने के पीछे, कर्मकाण्डों के पीछे जो दिशाधाराएँ रहनी चाहिए थीं और रहती थीं, उन्हें न जाने क्यों भुला दिया है?...? उनसे महरूम और वंचित रह गये। चंद पूजा से आदमी को न जाने कैसे सन्तोष हो जाता है। जैसे आचमनम् समर्पयामि,...
- आदमी बाहर से तलाश करता है कि गुरुजी महात्मा कैसे हो गए?...? वे कैसे लम्बे-लम्बे बाल बनाते हैं और बाल खड़े रखते हैं? आप क्या करना चाहते हैं? हम भी बाल खड़े रखेंगे?...
- आदमी बाहर से तलाश करता है कि गुरुजी महात्मा कैसे हो गए?...? वे कैसे लम्बे-लम्बे बाल बनाते हैं और बाल खड़े रखते हैं? आप क्या करना चाहते हैं? हम भी बाल खड़े रखेंगे? ...
- आदमी भला ऐसी हरकतें क्यों कर सकेगा?...? सम्वेदनहीनों की दशा प्रेतों जैसी और सम्वेदनशीलों की स्थिति जीते-जागते आदमियों की-सी है। इनमें से किस...
- आदमी में जानवरों की जितनी वृत्तियाँ थीं, यह संकेत उन वृत्तियों के बारे में था और बलि के रूप में उन्हीं वृत्तियों का हवन करना पड़ता था और बलि किसे कहते हैं?...? बेटे! दूसरे रूप में बलि हम उसे कह सकते हैं, जो देवताओं को उपहार रूप में भेंट किए जाते हैं। पुराने जम...
- आदमी रिश्तेदार से लिपटकर उसका सफाया कैसे करता है?...? आपने कभी देखा है? नहीं देखा है तो, तो चलिए मैं आपको ब्याह-शादी के दिनों में दिखा दूँगा। दो समधी आपस ...
- आदमी विद्यावान कम है क्या दुनिया में, कलाकार कम हैं क्या दुनिया में, चतुर आदमी दुनिया में कम है क्या, क्रिया-कुशल लोगों की कमी है क्या?...? पर वो स्वयं के लिए और दूसरों के लिये क्या मुफीद साबित हुए, आप बताइए न। जेलखाने में पड़े हुए लोगों को...
- आदमी विद्यावान् कम हैं क्या दुनिया में, कलाकार कम हैं क्या दुनिया में, चतुर आदमी दुनियाँ में कम हैं क्या?...? क्रिया कुशल लोगों की कमी है क्या? आप बताइए न, जेलखानों में पड़े हुए लोगों को आपने नहीं देखा है। एक से...
- आदमी है या भूत-पलीत?...? मित्रो! आदमी क्या होता चला जाता है? आदमी भूत-पलीत होता चला जाता है। आदमी को जाने क्या हो गया है? आदम...
- आदमी होशियार है, समझदार है कि बेअकल है—इसकी पहचान सिर्फ एक है कि वो खर्च कैसे कर सकता है?...? कमाने में तो आप कुछ भी कमा लेते हैं? सट्टा मिल जाए तब लाटरी खुल जाए तब जमीन में गड़ा हुआ धन मिल जाए त...
- आदमी-आदमी को कैसे खाता है?...? आदमी-आदमी को कैसे चूसता है? आदमी रिश्तेदार से लिपटकर उसका सफाया कैसे करता है? आपने कभी देखा है? नहीं...
- आदमी-आदमी को कैसे चूसता है?...? आदमी रिश्तेदार से लिपटकर उसका सफाया कैसे करता है? आपने कभी देखा है? नहीं देखा है तो, तो चलिए मैं आपक...
- आदर्श कभी मर सकते हैं?...? आदर्श कभी नहीं मरते। गाँधी जी मर गए? नहीं, मैं समझता हूँ कि गाँधी जी जिन्दा हैं। बुद्ध जी मर गए? नहीं...
- आदर्श व्यक्तित्वों के बिना दिव्य समाज की भव्य रचना का स्वप्न साकार कैसे होगा?...? गाल बजाने वाले ‘पर उपदेश कुशल बहुतेरे’ लोगों द्वारा यह कर्म यदि सम्भव होता, तो वह अब से बहुत पहले ही ...
- आदर्शवादी हो सकते हैं?...? अष्टावक्र ऋषि आठ जगह से कुबड़े—टेढ़े थे। एक बार वे राजा जनक की सभा में गये। वहाँ जो सभासद बैठे हुए थे,...
- आदि अनेक प्रश्न उभर कर आते है और यह असमंजस उत्पन्न करते हैं कि यदि स्वर्ग-नरक का अस्तित्व था ही नहीं तो धर्म संस्थापकों ने इतना बड़ा कलेवर रचकर खड़ा क्यों कर दिया?...? हमें जानना चाहिए कि स्वर्ग-नरक दोनों का अस्तित्व हैं और उनके माध्यम से शुभ-अशुभ कर्मों के फल मिलने क...
- आद्यशक्ति गायत्री को युग शक्ति के रूप में विकसित और विस्तृत करने के दायित्व को सौंपकर वह जान लिया गया कि एक बीज ने अपने को गलाकर नये २४ लाख सहयोगी-समर्थक किस प्रकार बना लिए?...? उनके द्वारा २४०० प्रज्ञापीठें विनिर्मित कराने से लेकर सतयुगी वातावरण बनाने और प्रयोग परीक्षणों की शृ...
- आधा काम समाप्त, किसका?...? एकान्त का, एकान्त सेवन में चिन्तन पूरा हो गया।
अब दूसरा वाला कदम उठाइये, दूसरा वाला कदम जो आपको हर द...
- आधा गिलास क्या कम है?...? पहले खाली गिलास था। अब आधा गिलास हो गया। आप यों प्रसन्न क्यों नहीं हो सकते कि आधा गिलास पानी हमारे प...
- आधी दुनिया कैदखाने में पड़ी रहे तो बाकी दुनिया किस तरीके से उठेगी?...? गरीबी उन्मूलन के लिए हमको बड़ा काम करना है। हमारे यहाँ अधिकांश लोग केवल खेती पर निर्भर हैं और खेतिहर ...
- आधुनिक मनःशास्त्री यह बता सकने में असमर्थ हैं कि मनुष्य के व्यक्तित्व के विकास अथवा पतन के वास्तविक कारण कौन-कौन से हैं?...? क्या मानवी चेतना ऋद्धि-सिद्धियों की अधिष्ठात्री भी हो सकती है? मनोविज्ञान इस पर कुछ भी प्रकाश नहीं ड...
- आध्यात्मिक जीवन के रहस्य हैं और क्या हैं?...? नहीं, मैं तो जैसा हूँ वैसा ही रहूँगा। क्यों? वैसा क्यों रहेंगे? नहीं महाराज जी! भगवान पापियों का भी ...
- आध्यात्मिक जीवन में जब मैंने प्रवेश किया, तो वहाँ पर क्या हुआ?...? जब मैं गायत्री तपोभूमि बनाने के लिए खड़ा हुआ, तो जरूरत इस बात की पड़ी कि इसके लिए धन-संग्रह किया ज...
- आध्यात्मिक जीवन में प्रवेश करने के लिए क्या करना पड़ता है?...? इसमें पहला काम सफाई का होता है, चाहे वह समाज की सफाई हो, चाहे व्यक्ति की सफाई हो, चाहे किसी की स...
- आध्यात्मिक ज्ञान कहाँ है?...? हमारे पास है और किसी के पास नहीं है। नहीं साहब वहाँ वो स्वामी जी सत्संग करते हैं, बकते सब हैं। स्वाम...
- आध्यात्मिक ताकतें कैसी होती हैं?...? इसे आप इतिहास में देखिए। महापुरुषों की ताकतें, महामानवों की ताकतें, ज्ञानियों की ताकतें, ऋषियों की त...
- आध्यात्मिक ताकतें कैसी होती हैं?...? इसे आप इतिहास में देखिए। महापुरुषों की ताकतें, महामानवों की ताकतें, ज्ञानियों की ताकतें, ऋषियों की त...
- आध्यात्मिक लाभ कैसे हो सकता है?...? भगवान तक हमारी कौन सी बात पहुँच सकती है? वह केवल विचारणात्मक हो सकती है, भावनात्मक हो सकती है। इस ...
- आध्यात्मिकता का एक महत्त्वपूर्ण पहलू ये है कि हम जिन्दगी किस तरीके से जिएँ?...? और एक महत्त्वपूर्ण हमारी जिन्दगी का ये है कि हम शानदार मौत कैसे मरें? हमारी शानदार मौत कैसे होनी चाह...
- आध्यात्मिकता का चमत्कार आपको दिखाई पड़ा?...? पैसे वाला चमत्कार दिखाई पड़ा! नहीं दिखाई पड़ा। आप तो पैसा वाला चमत्कार देखिए और कुछ मत देखिए। आप पैसे ...
- आध्यात्मिकता का वास्तविक स्वरूप क्या हो सकता है?...? यह आप समझ जाएँ। अध्यात्म मार्ग पर चलना है तो किस तरीके से चलना पड़ेगा, इसकी जानकारी लेकर जाएँ। पहले ...
- आध्यात्मिकता का सिद्धान्त यह कैसे हो सकता है?...? आप गलतफहमियों, अन्धविश्वासों को, मूढ़ मान्यताओं को अध्यात्म के ऊपर कब तक थोपते रहेंगे। आप सचाई की कभी...
- आध्यात्मिकता क्या है?...? आध्यात्मिकता बेटे वह है, जो आदमी के व्यक्तित्व और चरित्र एवं आदमी के दृष्टिकोण को परिष्कृत करती है। ...
- आनन्द कहाँ है?...? भगवान में है। भगवान कैसा होता है? आत्मीयता आप जिसके ऊपर आरोपित कर लेते हैं, वही आपके आनन्द का माध्यम ...
- आनन्द कहाँ रहता है?...? अमृत कहाँ रहता है? बेटे, केवल हमारी भावनाओं में रहता है। हमारी भावनाओं में कभी-कभी कोई चिंगारी उठत...
- आनन्द किस में है?...? १०. यशस्वी बनने का सच्चा उपाय कौन सा है? ११. समर्थता कैसे प्राप्त होती है? कथाएँ —— (१) भोज ने सारे...
- आनन्द नाम था, उसने यह कहा कि गुरुदेव आप यह बताइए आप तो इस साधना में लग गए, तो हमें प्रेरित कौन करेगा, आप यह तो बताइए कि हम को क्या करना है?...? तो उन्होंने कहा कि एक ही कार्य है कि सारे विश्व में फैल जाओ। हर देश के चप्पे-चप्पे में आप जाकर के फै...
- आनन्द स्वामी बोले-अब बताओ जो स्त्री घर में कैद रहेगी वह अच्छी होगी या जो सामाजिक जीवन में भाग लेने वाली होगी वह?...? बुड्ढे को कोई उत्तर देते नहीं बना। (४) आज का सबसे बड़ा पुण्य क्या हो सकता है एक सज्जन ने महर्षि दयानन...
- आने वाले आदमी से पूछते हैं—कितने दिन रहोगे?...? एक महीने। अच्छा, चलिए एक महीने के लिए इसमें बन्द हो जाइए। बाहर से ताला ठोंक देते हैं। किवाड़ में एक ज...
- आने वाले २०-२५ वर्षों में जबकि आज की सन्तान वयस्क होगी, तब तो समय और न जाने क्या करवट लेगा?...? अत: लड़के को बुढ़ापे की लाठी मानकर लड़की को दुत्कारना भी अनुचित है। अच्छा तो यही है कि वृद्धावस्था क...
- आन्तरिक सफाई किस तरह से की जाती है?...? जिस तरह से आपने जमीन से कच्चा लोहा निकलते देखा है। भारी और कच्ची?? का -नाम लोहा है। भारी मिट्टी लोहा...
- आप धोबी और सफाईकर्मी कैसे हैं?...? बेटे, धोबी ऐसे हैं कि मैं कपड़े धोना चाहता हूँ और सफाईकर्मी ऐसे हैं कि गन्दगी साफ करना चाहता हूँ। मे...
- आप बताइये कि कलमी आम कैसे आता है?...? चमत्कार के मर्म को जानिए बेटे कलमी आम लगाना हम तब बतायेंगे जब तुम्हारी यह बहस खत्म हो जायेगी कि जमीन...
- आप भगवान् की कथाएँ तो सुनते हैं, पर गहरे में क्यों नहीं जाते?...? भगवान् की सारी की सारी लीलाएँ, कथा-गाथाएँ इस बात पर टिकी हुई हैं कि भगवान् एक है। यह बात अलग है ...
- आप भीड़ से क्या मतलब लगाते हैं?...? नहीं साहब! बड़ा कुंभ का मतलब है कि हिन्दुस्तान में बड़ा धर्म फैल रहा है और यहाँ पर बड़े अध्यात्मवादी ...
- आप लोग नीचे बैठे होंगे, हम ऊपर बैठे होंगे, तो क्या बातचीत नहीं करेंगे?...? नहीं, अब यह सम्भव नहीं हो सकेगा। यह हमारे जीवन का नया मोड़ है। सकारण है जीवन का यह नया मोड़ आप लोग यह...
- आप शान्तिकुञ्ज में खून-खराबे की किताब काहे को लिए फिरते हैं?...? बेटे, इस बात की जरूरत थी। फिर मैं इस बात पर विचार करने लगा कि क्या गीता की किताब मुझे पढ़नी चाहिए थ...
- आप (तीर्थ यात्रा को) न केवल तीर्थ यात्रा पर निकलें, बल्कि नए आदमियों के लिए ये रास्ता भी बनाएँ - तीर्थ यात्रा के लिए कोई आदमी जाने वाला हो (त) (ये तो) उसको ये तो मौका मिल (जाए) - तीर्थ कहाँ हैं?...? किस जगह जाएँ? किसके पास जाएँ? क्या करें वहाँ जा कर के? क्या करें?
सैरगाहों में क्या करेंगे?...
- आप 350 वर्ष के कैसे हो सकते हैं?...? हम इसलिए हुए कि पाँच आदमी मिलकर के जितना काम करते हैं, उतना काम हमने अपनी जिन्दगी में अकेले किया। ग्र...
- आप अकेले कैसे आ गए?...? आपको सैनिकों के साथ आना चाहिए था। बिगुल बजाकर आना चाहिए था।" गेट खोलने जा रहे अपने सिपाही से रानी ने...
- आप अकेले दहेज को बन्द करना चाहें और ये चाहें कि हमारी लड़की पर जेवर जरूर चढ़ाये, तो बेचारा बेटे वाला कहाँ से लायेगा जेवर के लिए सोना?...? आज सोने का कितना मँहगा भाव है? इसमें अगर मान लो कोई आदमी पचास ग्राम का भी जेवर बनवाना चाहे तो उसको क...
- आप अकलमंद हैं न?...? हाँ साहब! हमारी अकल तो बहुत पैनी है। कितनी पैनी है, जरा दिखाइए तो सही? हम तो वकील हैं। अच्छा साहब! ...
- आप अक्षरों के उच्चारण को मना करते हैं?...? बेटे, मैं मना कैसे कर सकता हूँ। मैंने कितने लोगों को गायत्री मंत्र की दीक्षाएँ दी हैं और उनको जप करन...
- आप अखण्ड कीर्तन करते हैं तो मुबारक, आप पूजा करते हैं तो मुबारक, लेकिन आप अपनी पात्रता को विकसित करते हैं कि नहीं करते?...? पहले इसका जवाब दीजिये। भगवान सिर्फ एक ही बात को देखते रहते हैं। पूजा तो आप हमारे अपने मन को धोने का ...
- आप अखण्ड ज्योति के सब पाठक हैं और जानते हैं कि प्रज्ञावतार ने क्या माँगा है?...? प्रज्ञावतार ने यह माँगा है कि हम लोगों के दिमागों की सफाई करें, विचारों की सफाई करें। ''प्रज्ञा'' इस...
- आप अखण्ड-ज्योति के सब पाठक हैं और जानते हैं कि प्रज्ञावतार ने क्या माँगा है?...? प्रज्ञावतार ने यह माँगा है कि हम लोगों के दिमागों की सफाई करें, विचारों की सफाई करें। प्रज्ञा इसी का...
- आप अगर अपने हाथों को नहीं खोलेंगे, तो भगवान् की गोद में आप कैसे जाएँगे?...? मित्रो, साधना में आपको अपने मन को समझाना होगा। अगर मन नहीं मानता है, तो आपको उसकी पिटाई करनी होगी।...
- आप अगर अपने हाथों को नहीं खोलेंगे तो भगवान की गोद में आप कैसे जाएँगे?...? मित्रो, साधना में आपको अपने मन को समझाना होगा। अगर मन नहीं मानता है तो आपको उसकी पिटाई करनी होगी। बै...
- आप अगर राम के रूप में अपनी शक्ल बना लें तो कैसा अच्छा हो?...? ‘‘तुलसी मस्तक तब झुके जब धनुष-बाण लो हाथ॥’’ धनुष-बाण अगर आपके हाथ में हो तो हमारा मस्तक अपने आप ही ...
- आप अध्यात्म से अनुदान के विषय में कह रहे थे?...? बेटा, मैं कह रहा था कि जब सम्मान आता है, तो सहयोग भी आता है, श्रद्धा आती है। आप क्यों नहीं सुनते? हम...
- आप अध्यात्म से अनुदान के विषय में कह रहे थे?...? बेटा, मैं कह रहा था कि जब सम्मान आता है तो सहयोग भी आता है। श्रद्धा आती है। आप क्यों नहीं सुनते? हमे...
- आप अनाथ बच्चे हैं, अगर आप जवान आदमी रहे होते तो आपका दिल, आपका विचार करने का तरीका अलग रहा होता, फिर आप सोचते कि हमको क्या देना चाहिए?...? समाज को क्या देना चाहिए? देश को क्या देना चाहिए? भगवान जी को क्या देना चाहिए? तब हम आपसे कहते कि आप ...
- आप अपना खून देंगे क्या?...? जिससे लैला कि जिन्दगी बचायी जा सके। मजनू फ़ौरन तैयार हो गया। उसने कटोरा जो बाँदी लेकर आई थी, लबालब अप...
- आप अपना दृष्टिकोण ठीक कर लीजिए ना?...? आप अपना रवैया ठीक कर लीजिए ना? आप अपने पैरों पर खड़े हो जाइए ना? फिर आप देखेंगे कि किस तरीके से आपकी ...
- आप अपना नाम तो बताइए?...? आप कौन हैं, जो आपको ये जुर्रत और ये हिम्मत होती है कि आप भगवान के ऊपर ये हुक्म चलाएँ कि आप हमारी मनो...
- आप अपना रवैया ठीक कर लीजिए ना?...? आप अपने पैरों पर खड़े हो जाइए ना? फिर आप देखेंगे कि किस तरीके से आपकी जिन्दगी में जो शिकायतें थीं, वह ...
- आप अपनी छाती का दूध निकाल करके इस बच्चे को पिलाती हैं तो आपको अच्छा लगता है?...? हाँ बेटे! जब हमारा बच्चा दूध पीता है, तब बहुत अच्छा लगता है। और जब आपकी छाती में से दूध नहीं निकलता ...
- आप अपनी छाती का दूध निकाल करके इस बच्चे को पिलाती हैं तो आपको अच्छा लगता है?...? हाँ बेटे ! जब हमारा बच्चा दूध पीता है, तब बहुत अच्छा लगता है। और जब आपकी छाती में से दूध नहीं निकलता...
- आप अपनी जिन्दगी की बात को क्यों नहीं कहते?...? नहीं साहब! हम तो शब्दों की बात कहते हैं। शब्द काफी नहीं होते। शब्दों के साथ-साथ में उनका 'बैकग्राउंड...
- आप अपनी जिन्दगी की बात को क्यों नहीं कहते?...? नहीं साहब! हम तो शब्दों की बात कहते हैं। शब्द काफी नहीं होते। शब्दों के साथ-साथ में उनका ''बैकग्राउं...
- आप अपनी जिम्मेदारी समझते है या नहीं?...? आप अगर जिम्मेदारी समझते हैं तो आपको चरित्रवान होना चाहिए, चिन्तनशील होना चाहिए, तब आप मैच्योर कहे जाए...
- आप अपनी जिम्मेदारी समझते हैं या नहीं?...? आप इनसान की जिम्मेदारी समझते हैं या नहीं? आप अगर जिम्मेदारी समझते हैं तो आपको चरित्रवान होना चाहिए, ...
- आप अपनी जीभ पर लगाम लगाइए, इन्द्रियों पर नियंत्रण कीजिए, टाइम-टेबल को ठीक कीजिए, तब देखिए कि क्या होता है, आपको कौन बीमार करता है?...? गाँधी जी तीस साल की उम्र के थे। आँतें सूख गई थीं। रोज एनीमा से दस्त करते थे। उन्होंने लिखा है कि जब ...
- आप अपनी पत्नी के बिना यह सब कहाँ से लाएँगे?...? कहाँ से पाएँगे? कहाँ से सीखेंगे? आप वेश्यालय जाकर वासना पूर्ति कर सकते हैं, लेकिन प्यार-मोहब्बत आप न...
- आप अपनी पत्नी को सहयोगी बना सकते हैं?...? उसका सहयोग कर सकते हैं?
आप अपनी पत्नी का दिल जीत सकते हैं क्या? अगर ऐसा बना सकते हैं, तो मैं खुश...
- आप अपनी पोती की शादी करेंगी?...? हाँ, बेटा कर तो रहे हैं। तो मैं आपको एक हीरे की चीज दिखाऊँ क्या? दिखा जरा, देख तो लूँ क्या है? तो वह...
- आप अपनी मर्जी पर भगवान को चलाएँगे?...? आपकी मर्जी पर चलेंगे वह? आप कौन हैं? आप अपना नाम तो बताइए? आप कौन हैं, जो आपको ये जुर्रत और ये हिम्म...
- आप अपनी मुट्ठी में खुशी क्यों नहीं रखते, दूसरों के हाथ में क्यों बेच देते हैं?...? आपका बेटा यदि सुपात्र बनेगा और आपका आज्ञाकारी बनेगा, तब आप खुश होंगे।...
- आप अपनी मुस्कान बीबी को क्यों नहीं दे सकते?...? आप बच्चों को वंश चलाने की आशा करते हैं? आप बच्चों को वंश चलाने योग्य क्यों नहीं बना देते? आप कीजिये।...
- आप अपनी मुस्कान बीवी को क्यों नहीं दे सकते?...? आप बच्चों से वंश चलाने की आशा करते हैं। आप बच्चों को वंश चलाने योग्य क्यों नहीं बना देते? आप] आप कीज...
- आप अपनी लड़की को लाख-करोड़ रुपये दहेज में कैसे दे पाएँगे?...? जो बात आप नहीं कर सकते, उसके लिए आप बेचैन रहते हैं!हमको अपने कुटुम्बियों के लिए करना चाहिए। कुटुम्बि...
- आप अपने आप को क्यों मालदार अनुभव नहीं कर सकते?...? क्यों आप सम्पन्न अनुभव नहीं कर सकते?
आप गरीबी को छोड़ दीजिए, और अमीरी यहाँ से ले के जाइए। बदल जाइए,...
- आप अपने आपको भगवान के सुपुर्द कर दें और उनसे पूछे आपको क्या करना चाहिए?...? भगवान जो आपको आज्ञा दें, आपकी जीवात्मा आपको जो आज्ञा दे, उसी के हिसाब से चलें और करें। सुपरमैन आपके ...
- आप अपने आपसे जद्दोजहद करेंगे क्यों?...? आप अपने जीवन में इन सिद्धान्तों का समावेश करेंगे क्यों? आपको तो पण्डित जी ने यह समझा दिया है कि ...
- आप अपने ईमान से सलाह लीजिए, अपने भगवान से सलाह लीजिए कि हमको क्या करना चाहिए?...? आप इन दो की ही सलाह पर चलिए, अकेले चलने की जुर्रत इकट्ठी कीजिए। सूरज अकेला चलता है, चंद्रमा अकेला चल...
- आप अपने को यदि निचोड़ेंगे तो फिर देख लेना आप क्या बन जाते हैं?...? हमने अपने आपको निचोड़ा तो देखिये क्या बन गये?अगर आपने अपने आपको निचोड़ दिया तो हमारा एक काम जरूर करना ...
- आप अपने को साधना नहीं चाहते हैं, तो उपासना के क्षेत्र में आगे कैसे बढ़ेंगे?...? एक दिन हमने आपको आहार-विहार के बारे में बताया था, साथ ही यह भी चर्चा की थी कि समय का विभाजन करें और ...
- आप अपने घर में अपनी खुशहाली में हिस्सा बँटाते हैं?...? नहीं, साहब हम क्यों खुशहाली में हिस्सा बँटायेंगे। हम तो देशभक्त हैं। देशभक्त क्यों हैं? देखिए हमारे ...
- आप अपने जन्मदिन पर कैसा उपहार पसन्द करेंगे?...?
उत्तर- भारतीय संस्कृति उपभोग की नहीं उपयोग की स्वीकृति देती है। वस्तुओं का संग्रह करना उचित नहीं।...
- आप अपने जीवन में इन सिद्धान्तों का समावेश करेंगे क्यों?...? आपको तो पण्डित जी ने यह समझा दिया है कि गीता का पाठ कर लिया कीजिए और बैकुण्ठ को चले जाइये। पण्डित ...
- आप अपने दरवाजे बन्द कर लीजिए, फिर आप देखेंगे कि कौन-सी हवा आपके कमरे में आ सकती है?...? आप अपने ट्रांजिस्टर पर जो कोई स्टेशन सुनना चाहेंगे, सिर्फ वही बोल सकता है, दूसरे की कोई ताकत नहीं है...
- आप अपने नजरिये को ठीक कर पाएँ, तो आप देखेंगे आपके पास करने और देखने के लिए और भी बहुत सारी चीजें हैं, जैसे—आपको बुढ़ापा देखने लायक नहीं है क्या?...? बुढ़ापा देखना चाहिए, बुढ़ापा देखेंगे, तो आप जवानी को सही तरीके से प्रयोग करना सीख जाएँगे। मौत दिखायी...
- आप अपने पैरों पर खड़े हो जाइए ना?...? फिर आप देखेंगे कि किस तरीके से आपकी जिन्दगी में जो शिकायतें थीं, वह सारी शिकायतें दूर हो गयीं। इसी का...
- आप अपने पैसे किसी को दे देंगे क्या?...? नहीं। बैंक वाला स्वयं किसी को रुपया दे देगा क्या? नहीं। क्योंकि बैंक वाला उधार देने के पहले हजार बार...
- आप अपने पैसे किसी को दे देंगे क्या?...? नहीं। बैंक वाले चाहे किसी को रुपये दे देंगे क्या? नहीं; क्योंकि वे रुपया उधार देने से पहले हजार बार ...
- आप अपने पढ़ने के स्थान अथवा पढ़ाई का कमरा व आसपास का स्थान कैसा रखना चाहेंगे?...?
उत्तर- साफ-सुथरा, व्यवस्थित। कोई भी वस्तु या पुस्तक अस्त-व्यस्त न पड़ी होकर अपने स्थान पर हो। पुस्तक...
- आप अपने बच्चे के लिए इतना खर्च कहाँ से दे पाएँगे?...? आप अपनी लड़की को लाख-करोड़ रुपये दहेज में कैसे दे पाएँगे? जो बात आप नहीं कर सकते, उसके लिए आप बेचैन रह...
- आप अपने बच्चों को कीमती कपड़े पहनायें और अमुक चीज छोड़ कर मरें, और पड़ौसियों के बच्चे के लिए आप किताबें खरीद कर नहीं दे सकते?...? ईश्वरचंद्र विद्यासागर की तरीके से आप ऐसा नहीं कर सकते कि अपने अपने घर का पचास रुपये से भी गुजारा कर ...
- आप अपने बच्चों को कीमती कपड़ा पहनाएँ और अमुक चीज छोड़कर मरें और पड़ोसियों के बच्चों के लिए आप किताब तक खरीद कर नहीं दे सकते?...? ईश्वरचंद्र विद्यासागर के तरीके से आप क्या ऐसे नहीं कर सकते कि अपने घर का पचास रुपए से गुजारा कर ले...
- आप अपने भीतर से ही बीज क्यों नहीं बनाएँ?...?
मित्रो, जिन लोगों ने अपने आपको बनाया है उनको यह पूछने की जरूरत नहीं पड़ी कि क्या करेंगे। इनकी प...
- आप अपने भीतर से ही बीज क्यों नहीं बनाएँ?...? मित्रो! जिन लोगों ने अपने आपको बनाया है, उनको यह पूछने की जरूरत नहीं पड़ी कि क्या करेंगे? उनकी प्रत्य...
- आप अपने मित्रों के प्रति कर्तव्यों को निभायें इसमें कोई रोकता है क्या?...? मित्र आपके प्रति बदला चुकायेंगे कि नहीं ये बात सोचेंगे तब गड़बड़ हो जायेगी।...
- आप अपने यहाँ देख लीजिए न?...? निगाहें फेंकिए, आपको मालूम पड़ जाएगा कि पहले ये क्या थे और साल-दो-साल के भीतर क्या हो गए। इतने पर...
- आप अपने शरीर का इस्तेमाल किस तरीके से करें?...? साधनों का इस्तेमाल कैसे करें? परिस्थितियों का उपयोग किस तरीके से करें? अपने पास जो साधन और सामान मिल...
- आप अपने शरीर का इस्तेमाल किस तरीके से करें?...? परिस्थितियों का उपयोग किस तरीके से करें? अपने पास जो साधन और सामान मिला हुआ है या मिल सकता है, आप उ...
- आप अपने शरीर का इस्तेमाल किस तरीके से करें?...? साधनों का इस्तेमाल कैसे करें? परिस्थितियों का उपयोग किस तरीके से करें? अपने पास जो सामान और साधन मिल...
- आप अपने से विचारों को बदलना शुरू करेंगे, तब फिर क्या हो जाएगा?...? तब फिर आप देखना आप सारी दुनिया के विचार बदलने में आप समर्थ हो जाएँगे। हम समर्थ हुए। बीस लाख आदमियों ...
- आप अपने ही घर में क्यों नहीं अनुष्ठान करेंगे और अपने ही घर में क्यों नहीं कमा लेंगे?...? मुझसे क्यों माँगेंगे? नहीं साहब! हम आपके घर में लक्ष्मी जी का पूजन कराएँगे, जो आपको मालामाल बना देगी...
- आप अब आए हैं?...? आपसे पहले पच्चीस आदमियों को मना कर दिया है कि यहाँ जगह नहीं है। ऐसा क्यों होता है? क्यों मना करत...
- आप अब आए हैं?...? आपसे पहले पच्चीस आदमियों को मना कर दिया है कि यहाँ जगह नहीं है। ऐसा क्यों होता है। क्यों मना करते है...
- आप अभक्ष्य खाते रहिये, तमोगुणी चीजें खाते रहिये, माँस खाते रहिए, दूसरी घिनौनी चीजें खाते रहिए, फिर आप देखिए आपका मन कैसा चंचल हो जाता है?...? आप नशेबाज होइए, फिर आप देखिए आपका मन कैसा चंचल हो जाता है? आपको मन स्थिर करना कैसा कठिन पड़ जाएगा! मन...
- आप अमीर बनेंगे?...? हाँ साहब! अरे मिल जुलकर खाइए न। नहीं साहब! हम कमाएँगे और स्वयं खाएँगे। चुप, धूर्त कहीं का, ऐसा करेगा...
- आप अमीर हैं?...? अमीर हैं, तो २० गज की चारपाई पर सोकर दिखाइये। अरे महाराज! २० गज की तो हमारे मकान में भी नहीं है। २० ...
- आप अमेरिका चले जाइये और पता कीजिये कि क्या आपने भूत देखा है?...? हमने भी नहीं देखा वे भी यही कहेंगे तो कहाँ से आ गया हिन्दुस्तान में? जाने कहाँ से आता है, गुरुजी कहा...
- आप अलग किस तरीके से करेंगे?...? आपकी विवेकशीलता के माध्यम से यह सम्भव है कि आप दोनों को अलग कर दें। राजहंस के बारे में ये बताया गया ...
- आप अलग किस तरीके से करेंगे?...? आपकी विवेकशीलता के माध्यम से सम्भव है कि आप दोनों को अलग कर दें। नहीं तो अलग नहीं हो सकेंगे दूध और प...
- आप असन्तुष्ट झुँझलाये से क्यों रहते है?...? अच्छा अपने घर के समीप वाली जो पान-सिगरेट की दुकान है, उसका बिल लीजिए। महीने में कितने रुपये आप पान-स...
- आप असली क्या चाहते हैं—रुपया?...? हाँ साहब! असली बात है रुपया। असली बात आपने बाद में कही। असल में यह बात मुझे पहले ही कहनी चाहिए थी कि...
- आप आइए जरा हमारी आँखों में आँखें डालिए फिर देखिए क्या हो रहा है?...? जमाना बेहद तरीके से बदल रहा है। यह कौन बदल रहा है? भगवान बदल रहा है। भगवान के अवतार जब कभी भी दुनिया...
- आप आइए जरा हमारी आँखों में आँखें डालिए, फिर देखिए क्या हो रहा है?...? जमाना बेहद तरीके से बदल रहा है। यह कौन बदल रहा है? भगवान् बदल रहा है। भगवान के अवतार जब कभी भी दुनिय...
- आप आगे की पंक्ति में नहीं आ सकते?...? आगे नहीं चल सकते? आपमें क्या कमी है? मेरी निगाह से पूछिए आप प्रत्येक में इतनी शक्ति भरी पड़ी है कि म...
- आप आगे क्यों नहीं बढ़ते?...? आप जब ढूँढ़ेंगे, तो आपको कुछ और चीज मिलेगी। सम्पन्नता की तुलना में विभूतियाँ आपको और ज्यादा शानदार मिल...
- आप इंग्लैंड जाना चाहते हैं?...? अच्छा साहब, इंग्लैंड जाने के लिए छह हजार रुपये लाइए, आपको हवाई जहाज का टिकिट दिलवाएं। नहीं साहब, इतन...
- आप इंग्लैण्ड जाना चाहते है?...? अच्छा साहब इंग्लैण्ड जाने के लिए छह हजार रुपए लाइए, आपको हवाई जहाज का टिकट दिलवाएँ। नहीं साहब, इतने ...
- आप इंग्लैण्ड जाना चाहते हैं?...? अच्छा साहब, इंग्लैण्ड जाने के लिए छह हजार रुपये लाइए, आपको हवाई जहाज का टिकिट दिलवाएँ। नहीं साहब, इत...
- आप इज्जत चाहते हैं?...? हाँ साहब! हम जो ठाठ-बाट बनाते हैं, लड़के-लड़कियों की शादियाँ करते हैं। एम०एल०ए० के चुनाव में खड़े हो...
- आप इतना बड़ा कुर्ता सिलवाइए, तब मैं जानूँ कि आप कैसे कमाने वाले और कैसे खाने वाले हैं?...? अच्छा आपके घर में सौ मन गेहूँ पैदा हुआ है। आप ऐसा कीजिए कि पहले आप चार रोटी खाते थे, आज आप अस्सी...
- आप इतनी अच्छी बात बताएँगे, इससे अधिक अच्छा और सौभाग्य हमारे लिए क्या हो सकता है?...? " तब उन्होंने गायत्री के २४ पुरश्चरणों की विधि बताने के बाद में एक और नई बात बताई-"बोना और...
- आप इतनी बड़ी योजना चलाएँगे?...? हाँ बेटे ! इतनी बड़ी योजना चलाएँगे। अब तक हम अकेले काम करते थे। तब हमारे पास क्या था—बस, दो-चार-दस आ...
- आप इतनी बड़ी योजना चलाएँगे?...? हाँ बेटे! इतनी बड़ी योजना चलाएँगे। अब तक हम अकेले काम करते थे। तब हमारे पास क्या था-बस, दो चार दस आदम...
- आप इतनी सारी संस्थाएँ लिए बैठे हैं, उनका खर्च किससे चलता है?...? हमने कहा कि बिड़ला जी! आप यह बताइये कि इतने सारे आपके मिल चलते हैं, आपका काम कहाँ से चलता है? उन्हो...
- आप इन क्रिया-कृत्यों को ही तोप मानकर चलेंगे, तो बेटे मैं क्या करूँगा?...? क्रिया-कृत्यों और कर्मकाण्डों को ही आप सब मानकर चलेंगे, तो मैं क्या करूँगा, बताइये? क्रिया-कृत्यों...
- आप इन पर खुशी नहीं मना सकते?...? आप प्रसन्न नहीं हो सकते? आपके चेहरे पर मुस्कुराहट नहीं आ सकती? कि जो हमारी वर्तमान परिस्थितियाँ हैं,...
- आप इनका मुकाबला न करें, इनको भगाने की कोशिश न करें और इनके साथ चुप बैठे रहें तब?...? तब ये सब मिल करके आपका जिन्दा रहना मुश्किल कर देंगे और आप जी नहीं पाएँगे। लड़ना तो पड़ता ही है आपको। त...
- आप इनकी भक्ति करते हैं, इस कारण से होना यह चाहिए कि आप यह देखें कि उन सिद्धान्तों के प्रति क्या करते हैं?...? आप सिद्धान्तों के प्रति प्यार करना सीखिए। अगर सिद्धान्तों के प्रति आपकी आस्थाएँ बलवान होती चली गई, मजब...
- आप इनसान की जिम्मेदारी समझते हैं या नहीं?...? आप अगर जिम्मेदारी समझते हैं तो आपको चरित्रवान होना चाहिए, अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए। चिन्तनशील होन...
- आप इनसानी जिन्दगी की कीमत समझते हैं क्या?...? नहीं समझते? समझिये जरा। जो सृष्टि के किसी प्राणी को नहीं मिला है, वह आपको मिला है।...
- आप इन्हें अपने साथ कैसे ले जा पायेंगे?...? यह तो यहीं पर रखा रहेगा। यहीं पर रखा रहेगा? हमने जीवन भर में करोड़ों रुपये कमाये, वह सब यहीं रह जाय...
- आप इन्हें कहाँ इस्तेमाल करना चाहते हैं?...? यह आपकी इच्छा की बात है। डकैती में बहुत फायदा होता है। डकैत बहुत फायदा उठा लेते हैं। क्यों साहब! डकै...
- आप इन्हें कहाँ ले जा सकते हैं?...? विश्वामित्र ने कहा, आई.ए.एस., पी.सी.एस. तो पीछे बनते रहेंगे, पहले इन्हें मनुष्य बनना चाहिए और देवता ...
- आप इन्हें कहाँ ले जा सकते हैं?...? विश्वामित्र ने कहा, आई० ए० एस०, पी० सी० एस० तो पीछे बनते रहेंगे, पहले इन्हें मनुष्य बनना चाहिए और दे...
- आप इस कार्य में कैसे चले गए?...? मुर्दे को जलाने, दुर्घटना में सहायता करने आप कैसे चले गए? आपको हैजा हो जाता, आपको छूत की बीमारी हो ज...
- आप इस घोर युद्ध में मुझे नियोजित क्यों कर रहें हैं?...? ’’ इसके उत्तर में भगवान् ने एक ही बात कही थी कि ‘‘इन कौरवों को तो मैंने पहले ही मारकर रख दिया है। तु...
- आप इस तरह की गृहस्थी बसाएँगे क्या?...? इस तरह का कुटुँब बसाएँगे क्या?
मित्रो! आप इस तरह का परिवार-कुटुँब मत बसाइए। आप प्यार-मोहब्बत ...
- आप इस तरीके से योजनाएँ बनाने में, विचार करने में, विचारों को लगने दीजिए, जब खाली समय हो, तब और जब खाली समय न है तब?...? अपने काम को अपने सम्मान का प्रश्न बनाकर के सारे मन को उसी में लगा दीजिए। मन को एक मिनेट खाली मत रहने...
- आप इस दरवाजे पर आए हैं, तो आप खाली जाएँगे?...? नहीं, आप खाली नहीं जा सकते। कोई भी खाली नहीं गया, तो आप खाली कैसे जाएँगे। हमें वह कहावत याद है, कौन-...
- आप इस दिशा में आगे कैसे बढ़ेंगे?...? गोली चलाने वाला अगर निशाना न साधे, तो उसका काम कैसे चलेगा? वह कभी इधर को भटके, कभी उधर को भटके, तो...
- आप इस दिशा में आगे कैसे बढ़ेंगे?...? गोली चलाने वाला अगर निशाना न साधे तो उसका काम कैसे चलेगा? वह कभी इधर को भटके कभी उधर को भटके तो उससे...
- आप इस प्रकार क्यों हैं?...? सुदामा जी भगवान् के पास गये, भगवान् ने अपने मित्र को निहाल कर दिया। सम्बन्ध हो जाए तो! गुरुनानक को उ...
- आप इस फिजिक्स को तो समझते नहीं हैं, फिर भगवान को क्या समझेंगे?...? भगवान बहुत बड़ा है, विशाल है। वह इतना विशाल है कि हम उसका वर्णन नहीं कर सकते कि वह कितना विशाल है। ह...
- आप इस फिलॉसफी की गहराई में जाइए किनारे पर बैठकर गायत्री का भजन करेंगे तो उससे क्या मिलेगा?...? यह तो किनारे बैठकर किनारे का भजन है। अरे डुबकी मार करके गायत्री के भजन की वास्तविक स्थिति ढूँढ़कर के...
- आप इस सिद्धान्त को समझते नहीं है?...? न समझने की वजह से ही आदमी कंजूस बनता जाता है, कृपण बनता जाता है, लोभी बनता जाता है, संकीर्ण बनता जात...
- आप इसकी ताकत नहीं जानते हैं?...? समर्थ गुरु रामदास ने शिवाजी को अनुदान देकर महान बना दिया। चन्द्रगुप्त को चाणक्य ने अनुदान देकर महान ...
- आप इसमें कितना समय लगाएँगे?...? बेटे! सौ करोड़ वर्ष में कर दूँगा। महाराज जी! फिर यह कैसे पूरा होगा। बेटे! तू सूरज को रँगवाना चाहता ह...
- आप इसमें कितना समय लगाएँगे?...? बेटे! सौ करोड़ वर्ष में कर दूँगा। महाराज जी! फिर यह कैसे पूरा होगा? बेटे! तू सूरज को रँगवाना चाहता है...
- आप इसमें झाँककर क्यों नहीं देखते?...? क्यों नहीं अपनी माँ की छवी में अपने गुरु को देखते? जब आपके सामने एक मौजूद है तो फिर आपने उसमें गुरु ...
- आप इसमें पानी तो नहीं मिलाते हैं?...? मिलाते तो होंगे, पर हमने लिखा तो यही है। इसमें मलाई डालते हैं? हाँ साहब! मलाई भी डालते हैं। किसकी डा...
- आप इससे क्या बनाएँगे?...? साहब! हमारा मन पुरजे बनाने का है, तलवार बनाने का है, तरह-तरह के औजार बनाने का है। लोहे से कैसे बनाएँ...
- आप इसे कहाँ से पैदा करेंगे?...? हम बेटे, उसे इस उद्घाटन की छोटी-सी इमारत में से पैदा करेंगे, जिसको आप ब्रह्मवर्चस के नाम से अभी देख ...
- आप इसे कहाँ से पैदा करेंगे?...? हम बेटे, उसे इस उद्घाटन की छोटी सी इमारत में से पैदा करेंगे, जिसको आप ब्रह्मवर्चस के नाम से अभी देख ...
- आप इसे किसलिए पहनते हैं?...? ठंडक न लग जाय, गर्मी न लग जाय। देखिए आप शर्ट पहने हुए हैं और हम नंगे बैठे हुए हैं। हमको न तो ठंडक का...
- आप इसे प्यार नहीं दे सकते?...? अरे इस प्रकार की मशीनें, विदेशों में रबर की औरतें मिलती हैं। आप उसी को खरीद लाइए। वह आप से कुछ नहीं ...
- आप उन बातों को सुनेंगे?...? मैं आपका समय बर्बाद नहीं करूँगी, अरे माता जी तो गुरुजी की तारीफ करने ही बैठी हैं और इन्हें कोई काम ह...
- आप उनके पास किस तरीके से रहेंगे?...? वे अपना काम छोड़ करके आपके पास कैसे आएँगे? इसलिए एक ही तरीका है सत्संग का और वो सत्संग बहुत ही शानदा...
- आप उनके पास किस तरीके से रहेंगे?...? वो अपना काम छोड़कर आपके पास कैसे आएँगे? इसलिए एक ही तरीका है सत्संग का, यों सत्संग बहुत ही शानदार ची...
- आप उनके पास जाइये और इन्क्वायरी कीजिए कि आप लोगों में से कितने आदमी हैं जिन्होंने एक रुपये खर्च करके तीन लाख रुपये पाये हैं?...? आपको एक हजार में से नौ सौ निन्यानवे, एक लाख में से निन्यानवे हजार नौ सौ निन्यानवे व्यक्ति यह कहते ...
- आप उनके पास जाइये और यह तलाश करके आइए कि आपकी इच्छानुकूल जो वस्तुएँ मिली हुई हैं, उनसे आपको कोई शिकायत तो नहीं है?...? उत्तर पाकर आप आश्चर्यचकित रह जायेंगे। मित्रो! हेनरी फोर्ड का नाम आपने सुना होगा। उसकी फैक्ट्री में...
- आप उनके माँ-बाप हैं, तो उनके लिए क्या कुछ करेंगे नहीं?...? आपकी धर्मपत्नी है तो क्या उसके लिए कुछ करेंगे नहीं? हम जिस किसी से भी आत्मीयता रखते हैं, उसके लिए कु...
- आप उनके साथ में समृद्धि मिलाइये न, जो आपसे कही गये-बीते हैं; कितने किफायत से गुजारा करते हैं, कितने मामूली से काम चला लेते हैं?...? आप ऐसा कीजिए ‘सादा जीवन उच्च विचार’ के सिद्धान्तों का परिपालन कीजिए। सादगी, सादगी, सादगी....।...
- आप उनके साथ में समृद्धि मिलाइये न, जो आपसे कहीं गये-बीते हैं, कितने किफायत से गुजारा करते हैं, कितने मामूली से काम चला लेते हैं?...? आप ऐसा कीजिये ‘सादा जीवन उच्च विचार’ के सिद्धान्तों का परिपालन कीजिये। सादगी, सादगी, सादगी...।...
- आप उनके सामने क्या है?...? कहाँ भगवान और अर्जुन और कहाँ आप सूत के बेटे, दासी के बेटे? भला आप क्या कर लेते हैं? देखिए अर्जुन सहि...
- आप उनके सामने क्या है?...? कहा भगवान और अर्जुन और कहा आप सूत के बेटे, दासी के बेटे? भला आप क्या कर सकते है? देखिए अर्जुन सहित प...
- आप उनके सामने क्या हैं?...? कहाँ भगवान और अर्जुन और कहाँ आप सूत के बेटे, दासी के बेटे? भला आप क्या कर सकते हैं? देखिए अर्जुन सहि...
- आप उन्हें किससे देखना चाहते हैं?...? आँख से देखना चाहते हैं। आँखें किस चीज की बनी हुई हैं? चमड़े की बनी हुई हैं, माँस की बनी हुई हैं। तो...
- आप उन्हें किससे देखना चाहते है?...? आँख से देखना चाहते हैं। आँखें किस चीज की बनी हुई हैं? चमड़े की बनी हुई हैं, माँस की बनी हुई हैं। तो ...
- आप उन्हें क्या देते हैं?...? उन्हें हम आशीर्वाद देते हैं तथा वरदान देते हैं। अनुदान नहीं देते हैं। अनुदान, आशीर्वाद, वरदान—ये अलग...
- आप उन्हें बताइए कि पूजन क्यों किया?...? शुरुआत तो कीजिए, सवाल तो पैदा कीजिए, जिससे कोई आदमी सवाल पूछे और आप जवाब दें। आप प्रत्येक व्यक्ति इस...
- आप उन्हें बताइए कि पूजन क्यों किया?...? शुरुआत तो कीजिए सवाल तो पैदा कीजिए जिससे कोई आदमी सवाल पूछे और आप जवाब दें। आप प्रत्येक व्यक्ति इसे ...
- आप उपकरणों से ही काम चलाना चाहते हैं, कर्मकाण्ड की तह तक नहीं जाना चाहते?...? मित्रो! मैंने कहा था कि आत्मा की प्राप्ति के लिए चार तरीके हैं। उनमें से एक न कम हो सकता है और न ज...
- आप उस पर खुशी नहीं मना सकते?...? आप प्रसन्न नहीं हो सकते? आपके चेहरे पर मुस्कराहट नहीं आ सकती कि जो हमारी वर्तमान परिस्थितियाँ हैं, उ...
- आप उस पर खुशी नहीं मना सकते?...? आप प्रसन्न नहीं हो सकते? आपके चेहरे पर मुस्कराहट नहीं आ सकती कि जो हमारी वर्तमान परिस्थितियाँ हैं, उ...
- आप उस पर गौर क्यों नहीं करना चाहते?...? और वह यह है कि आप अपने जीवन में साधना को जोड़े रखिये। आप अगर साधना से जुड़ेंगे नहीं, तो आपको इन टेक्रि...
- आप उस सन्त की सन्तान हैं कि गर्व से सिर ऊँचा करके यह कह सकें कि किसके बच्चे हैं?...? अरे साहब! हम उन गुरुजी के बच्चे हैं, कौन से? वे जिन्होंने तपश्चर्या की थी, उनके ये बच्चे हैं। उन्हों...
- आप उसका माहात्म्य क्यों नहीं समझना चाहते?...? नहीं साहब! यह तो बड़े झगड़े का काम है, बड़े झंझट का काम है। बड़ी जीवट का काम है, बड़े तूफान का काम ह...
- आप उसका माहात्म्य क्यों नहीं समझना चाहते?...? नहीं साहब! यह तो बड़े झगड़े का काम है, बड़े झंझट का काम है। बड़ी जीवट का काम है, बड़े तूफान का काम ह...
- आप उसकी आत्मा को मोहब्बत के बिना भूखा क्यों मारते हैं?...? क्या आप यह नौकरानी खरीद कर लाए हैं या कामवासना की मशीन खरीद कर लाए हैं? यह कौन है आपकी? आप इसे प्यार...
- आप उसकी उन्नति का रास्ता नहीं खोलेंगे?...? उसके सम्मान को नहीं बढ़ाएँगे? उसके भविष्य को नहीं बढ़ाएँगे? आप ऐसा कीजिए फिर देखिए आप दानी हो जाते हैं...
- आप उसकी दुख की कल्पना कर सकते हैं?...? मन को कितना मसोसना पड़ता होगा।
हमारी योग्यता, हमारी प्रतिभा और भगवान का दिया हुआ संसार और हमारी क्...
- आप उसके लिए उदार सहयोग क्या करेंगे?...? आप उसके लिए जनसेवा के लिए क्या कदम उठाएँगे? इसके लिए आप अपने गुण, कर्म और स्वभाव में शालीनता का समाव...
- आप उसके लिए क्या कदम उठाएँ?...? इसके लिए आप अपने गुण, कर्म, और स्वभाव में शालीनता का समावेश करने के लिए ऐसी गतिविधियाँ क्या अपनायेंग...
- आप उसके लिए जनसेवा के लिए क्या कदम उठाएँगे?...? इसके लिए आप अपने गुण, कर्म और स्वभाव में शालीनता का समावेश करने के लिए ऐसी (ग) गतिविधियाँ क्या अपनाए...
- आप उसको समझाना कि हम बाबाजी कैसे हैं और हमारे बाबाजी का सम्प्रदाय कौन-सा है?...? और हमारा गुरु कैसा है? और हमको जो काम करना है- वह क्या है? और हम किस तरीके से हैं? इस बार का कुम्भ...
- आप उसमें अपनी बकरी चरा सकते हैं, परन्तु बिना जमीन के आप बीज किसमें बोएँगे?...? भजन से अनेक काम पूरे हो सकते हैं, परन्तु भजन को दृढ़ बनाने के लिए आदमी का दृढ़ चरित्र रहना, उदार रहना...
- आप उसमें शामिल क्यों नहीं हो जाते?...? आप हमारी कंपनी में बीमा करा लीजिए। हमारा बड़ी कंपनी में बीमा है। इसलिए हमने आपसे यह कहा था कि आप हमा...
- आप उसमें शामिल क्यों नहीं हो जाते?...? आप हमारी कम्पनी में बीमा कर लीजिए। हमारा बड़ी कम्पनी में बीमा है। इसलिए हमने आपसे यह कहा था कि आप हमा...
- आप उसमें से तो निकलकर आइए?...? आपको मिशन माँगता है, गुरुजी माँगते हैं और हम आपको माँगते हैं कि आप आ जाइए।
यदि आप नहीं आएँगे तो फिर...
- आप उसी की पार्टी में रहे, आपने उसी का कहना माना न?...? आप उसी के लिए मरे-खपे न? अब तक आपको वही प्यारा लगा न दैत्य? लेकिन अब ऐसा मत कीजिए। अब यहाँ से जाते-ज...
- आप उसी के लिए मरे-खपे न?...? अब तक आपको वही प्यारा लगा न दैत्य? लेकिन अब ऐसा मत कीजिए। अब यहाँ से जाते-जाते आप अपने आपको देवता की...
- आप उसी क्षुद्र महत्त्वाकांक्षा में उलझे रहेंगे क्या?...? कौन-सी? लोकेषणा, वित्तैषणा, पुत्रैषणा। नहीं, आप कुछ और बड़ी महत्त्वाकांक्षा को लाइए। आप पुरुष से पुरु...
- आप उसे मिठाई क्या खिलाएँगे?...? मुकुट क्या पहनाएँगे? यह आपकी भूल है। इसे सुधारना आवश्यक है।पूजा-उपासना के समय, भक्ति के समय आपने क...
- आप उसे रखेंगे कहाँ पर?...? नहीं, साहब! आप तो आशीर्वाद दीजिए। बेटे ! हम आशीर्वाद तो दे भी दें, पर तू उस आशीर्वाद को रखेगा कहाँ प...
- आप उसे सफेद रंग का गुब्बारा दे दें तो बच्चा नाराज हो सकता और कह सकता है कि हम तो गुलाबी रंग का लेंगे, सफेद रंग का नहीं लेंगे और शंकर जी किस चीज की माला पहनेंगे, चन्दन की या रुद्राक्ष की?...? नहीं साहब! हम तो रुद्राक्ष की पहनेंगे, चन्दन का नहीं पहन सकते। बच्चे की तबियत जैसी भगवान शंकर की होगी...
- आप उसे सफेद रंग का गुब्बारा दे दें तो बच्चा नाराज हो सकता है और कह सकता है कि हम तो गुलाबी रंग का लेंगे, सफेद रंग का नहीं लेंगे और शंकर जी किस चीज की माला पहनेंगे, चन्दन की या रुद्राक्ष की?...? नहीं साहब! हम तो रुद्राक्ष की पहनेंगे, चन्दन की नहीं पहन सकते। बच्चे की तबियत जैसी भगवान शंकर की होगी...
- आप ऊँट क्यों चराते हैं?...? हम इसलिए चराते हैं कि हम औरों का इलाज करते हैं, तो पहले अपना तो इलाज कर लें। हमारी सेहत अच्छी रहे, इ...
- आप एक घण्टा समय नहीं दे सकते?...? दो घण्टे समय नहीं दे सकते? कलेजा है आप में? हृदय है आप में? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठ...
- आप एक घण्टा समय नहीं दे सकते?...? दो घण्टे समय नहीं दे सकते? कलेजा है आप में? हृदय है आप में? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठा ...
- आप एक मिनट में आपरेशन करना सिखा देंगे?...? हाँ बेटे, हम सिखा देंगे। लेकिन पहले सात साल तक मेडिकल की पूरी पढ़ाई करने के साथ-साथ तुझे प्रेक्टिस भ...
- आप एक मिनट में ऑपरेशन करना सिखा देंगे?...? हाँ बेटे, हम सिखा देंगे। लेकिन पहले सात साल तक मेडिकल की पूरी पढ़ाई करने के साथ-साथ तुझे प्रैक्टिस भ...
- आप ऐसा प्यार करेंगे?...? आप ऐसा प्यार करना चाहते हैं? दुष्ट कहीं के। परमार्थ में निहित है आपका सच्चा स्वार्थ परम पूज्य गुरुदे...
- आप ऐसा करेंगे क्या?...? सिद्धान्तों का नाम है आध्यात्मिकता
मित्रो! मैंने कुछ खरी बातें कहने के लिए आपको बुलाया है। आपका ...
- आप ऐसा कैसे कर सकते हैं?...? विद्या प्राप्त करना कोई बड़ी बात है क्या? कोई बड़ी बात नहीं। नटवर लाल एक आदमी था। उसने इतना पैसा कमा ल...
- आप ऐसा क्यों करते हैं?...? आप सिगरेट पीना चाहते हैं, कोका-कोला पीना चाहते हैं। इसलिए पीना चाहते हैं ना कि आप कमाकर लाते हैं और ...
- आप ऐसा क्यों करते हैं?...? आपके यहाँ तो खाने-पीने का साधन है। हाँ, हमारे घर में जमीन भी है, हमारे घर में पैसा भी है। हमारा बाप ...
- आप ऐसा नहीं कर पायेंगे क्या?...? आपको करना चाहिए। विद्यार्थी को आपने देखा है न? विद्यार्थी किस तरीके से किताब पढ़ने में लगा रहता है, र...
- आप ऐसा नहीं कर पायेंगे क्या?...? लोभ-मोह को छोड़ दीजिए, आप अहंकार की, बड़प्पन की, बड़प्पन की, अमीरी की, अमीरी की, बड़प्पन की और दूसरो...
- आप ऐसा नहीं कर सकते क्या?...? कीजिए। परोपकार के लिए आगे बढ़िये। नकल कीजिए। किसकी? जिससे हजारों का भला होता हो। एक आदमी के दुःख को आ...
- आप ऐसा नहीं कर सकते?...? पैसे को फिजूलखर्चियों में लगाएँगे, औलाद के लिए जमा करेंगे—आप ऐसी योजना नहीं बना सकते। आप यहाँ से जान...
- आप ऐसा नहीं कर सकते?...? दे नहीं सकते? आप मीठे वचन नहीं बोल सकते? आप दूसरों को प्रोत्साहन नहीं दे सकते? आप क्या अच्छे परामर्श...
- आप ऐसा नहीं कर सकेंगे क्या?...? परोपकार से और आगे बढ़िये, नकल कीजिए, किसकी?...
- आप ऐसा प्यार करना चाहते हैं?...? दुष्ट कहीं के। परमार्थ में निहित है आपका सच्चा स्वार्थ परम पूज्य गुरुदेव ने इससे पूर्व कहा कि भावावे...
- आप ऐसी अकल से रिश्ता नहीं जोड़ना चाहते?...? अगर जोड़ना चाहते हो, तो कृपा कीजिये और आप यहाँ संयमशील बनिए। पैसे के बारे में संयमशील, समय के बारे मे...
- आप ऐसी कल्पनाएँ क्यों करते हैं?...? यह कल्पनाएँ क्यों नहीं करते कि भविष्य हमारा अच्छा-ही है। भविष्य अच्छा-अच्छा करते रहे और न हुआ तब? हो...
- आप ऐसी दूरदर्शिता नहीं दिखा सकते?...? आपको ऐसी बुद्धिमानी नहीं आती? आप ऐसी अकल से रिश्ता नहीं जोड़ना चाहते? अगर जोड़ना चाहते हो, तो कृपा की...
- आप ऐसी निष्ठा पैदा नहीं करेंगे क्या?...? उपासना इसी को कहते हैं, जिसमें समर्पण की भावना हो, माँगने की नहीं देने की भावना हो। जवान औरत आती है ...
- आप ऐसी बात क्यों कहते हैं?...? इसीलिए कहते हैं कि हमारे मन ने हमारी बात मान ली और अपने मन को अपनी बात मनाने के लिए हमने रजामन्द कर ...
- आप ऐसी समझदारी नहीं कर सकते?...? आप बीज की तरह नहीं गल सकते? आप बीज की तरह गलेंगे, तो दरख्त की तरह फलेंगे। सुग्रीव ने भी यही किया था।...
- आप ऐसे कीजिए कि मन्त्र के साथ-साथ में आपने पढ़ा होगा— योगशास्त्र में लिखा है—क्या लिखा है?...? मन्त्र को अर्थ समेत जपना चाहिए। अर्थ समेत आप कहाँ जपते हैं? ये गलत बात है। गायत्री मन्त्र की जिस प्र...
- आप ऐसे कैसे कह सकते हैं?...? हम इसलिए कहते हैं कि आप बार-बार यह कहते हैं कि अक्षरों का उच्चारण सब कुछ कर देता है। आप बात को क्यों...
- आप ऐसे क्यों रहते हैं?...? इसलिए कि सब हमारी शक्ल देखें और कहें कि देखिए, इनकी शक्ल कैसी बढ़िया है।
अहं के ढकोसले
...
- आप ऐसे बच्चे पैदा कर सकते हैं?...? नहीं, आप नहीं, पैदा कर सकते। हम पैदा कर सकते हैं और कर रहे हैं और आगे भी करेंगे। हमें आपकी भावनाओं क...
- आप और किसकी बात सुनना चाहते हैं?...? एक और बात रह गयी है-शोहरत की। आप शोहरत की बात सुनना चाहते हैं। आप हमारे शोहरत के बारे में मत सुनिये।...
- आप और हम उसका जप करके पार निकल सकते हैं और हम डूब गये तो?...? तो आप हमको डुबो देना। अच्छा! ऐसा भी मंत्र है? हाँ, उसका नाम है—खुदा और वह खुदा, खुदा करता हुआ नदी पा...
- आप कब तक भिखारी रहेंगे?...? आप कब तक माँगते रहेंगे? हम पर भगवान् दया कीजिए, दया मत कीजिए! आपके भीतर वो सब कुछ है। कौन-सा वाला? ज...
- आप कब तक माँगते रहेंगे?...? हम पर भगवान् दया कीजिए, दया मत कीजिए! आपके भीतर वो सब कुछ है। कौन-सा वाला? जो आपके लिए आवश्यक है। आप...
- आप कब स्वर्ग जायेंगे?...? उन्होंने कहा कि स्वर्ग जाने वालों में मैं आखिरी इन्सान होऊँगा, जबकि सारे के सारे मनुष्यों में से प...
- आप कम कीमत पर अच्छी चीजें माँगते हैं न?...? आस्तिकता और नास्तिकता—अर्थ समझें कम कीमत का क्या मतलब है? कम कीमत माने भजन। भजन किसे कहते हैं...
- आप कमाते हैं और आप ही खा जाते हैं, यह कैसे हो सकता है?...? अध्यात्म के क्षेत्र में ऐसा नहीं होता है।
मित्रो! फिर क्या करना चाहिए! आपको कुटुम्ब से यह शिक्षा ...
- आप कलाई भी पकड़ लेंगे?...? हाँ बेटे, हम कलाई भी पकड़ लेंगे, उँगली रखने की जगह तो दें।आप अपने घर में गायत्री माता को जगह दें, यज्...
- आप कहते हैं कि हमारे पास क्या है, हम पुरुषार्थ कैसे करें?...? हम पूछते हैं कि अगर आपके पास धन-दौलत नहीं है, तो अकल तो है। आपके पास समय तो है, श्रम तो है। लगाइए...
- आप कहते हैं कि गुरुजी यह क्या कह रहे हैं?...? मित्रो, आप चौरासी लाख योनियों का शरीर देखिये। आप अच्छे कर्म नहीं करेंगे, तो आपको गधे की योनि स्वीक...
- आप कहते हैं या कोई गवाही भी है?...? हाँ बेटे, हमारी जिन्दगी गवाही है और प्रारम्भिक पंद्रह वर्ष के बाद के 55 साल के 55 पन्ने गवाही हैं। हमा...
- आप कहाँ जा रहे हैं?...? उन्होंने कहा—विष्णु भगवान के पास जा रहा हूँ। अच्छा तो एक बात हमारी भी पूछते आना। उन्होंने कहा—हाँ पू...
- आप कहाँ जाना चाहती हैं?...? आप धन्य हैं माँ, आप जैसी देवी को प्रणाम है।" उन्होंने कहा—"भैया। मैं अपने पति को स्नान कराने के लिए ...
- आप कहाँ तक पढ़े हुए हैं?...? आपके पास कितने कुटुम्बी हैं? आपको सफलता मिली कि नहीं मिली। आप कैसा डिवीजन लाए? वगैरह-वगैरह। आपके पास...
- आप कहाँ पर चली गईं?...? साहित्य को आग ही बता दिया। हाँ, यह आग ही तो है, मैं कह रही हूँ। इस आग को, इस चिनगारी को आप फैलाइए। इ...
- आप कहाँ रहते हैं?...? साहब! हम उड़ीसा में रहते हैं और बिहार में रहते हैं। फिर आप क्या करेंगे, अगर आपके ऊपर फाइलेरिया का अटै...
- आप कहाँ सफर करते हैं?...? यह हम नहीं जानते, लेकिन यह क्या चीज है? बता सकते हैं। यह आदमी की वृत्ति है। कौन-सी वृत्ति? इनसानियत ...
- आप कहाँ से आये हैं?...? कहाँ जायेंगे? बार- बार हम देखते रहते हैं कि कहीं यह हमारे गले की जंजीर न ले जाये और हमारी जेब न का...
- आप कहाँ हैं?...? आइए | हमारी जीवात्मा! आप कहाँ हैं? आइए। हमारे जीवन-लक्ष्य, हमारे उद्देश्य, हमारे जीवन की महानता आप क...
- आप कहाँ हैं?...? आइए। हमारी जीवात्मा! आप कहाँ हैं? आइए। हमारे जीवन-लक्ष्य, हमारे उद्देश्य, हमारे जीवन की महानता आप कह...
- आप कहाँ हैं?...? अगर आप मिल जाएँ, तो हमारा उद्धार हो जाए और हमारा बेड़ा पार हो जाए। शबरी के तरीके से हमारा उद्धार हो ज...
- आप कहाँ- कहाँ जाएँगे?...? बेटे, मुझे बहुत जगह जाना है। हिंदुओं के बीच में मुझे काम करने के लिए हिन्दू बनकर आना पड़ा। अब कहाँ जान...
- आप कहाँ-कहाँ जाएँगे?...? बेटे, मुझे बहुत जगह जाना है। हिंदुओं के बीच में मुझे काम करने के लिए हिन्दू बनकर आना पड़ा। अब कहाँ जा...
- आप कहीं उसी स्थिति में लौट जाने का मन तो नहीं बना रहे हैं?...? कहीं आपके अन्दर यह विचार तो नहीं उठ रहे हैं कि हम चले जाएँगे तथा मजे से रहेंगे और अधिक खरच करेंगे। अध...
- आप कहीं गए थे?...? कहीं नहीं गए थे। तब फिर यह कहाँ से आ गया? यह बेटे! कमीशन आ गया। कमीशन किस बात का? कमीशन इस बात का कि...
- आप कहीं भी जाएँ, हम आपसे यह नहीं पूछेंगे कि इनमें कितनी सफलता मिली?...? सफलता मिले या न मिले, पर प्रयास कितना किया, यह समयदानियों से हमारा मूल प्रश्न रहेगा। इस युग की सबसे ...
- आप कहीं भी जाएँ, हम आपसे यह नहीं पूछेंगे कि इनमें कितनी सफलता मिली?...? सफलता मिले या न मिले, पर प्रयास कितना किया, यह समयदानियों से हमारा मूल प्रश्न रहेगा।इस युग की सबसे ब...
- आप कहीं भी जाएँ-अपने ऑफिस में जाएँ रेलगाड़ी में जाएँ सफर में जाएँ?...? रिश्तेदारी में जाएँ एक छोटा सा बैग अपने पास रखें।...
- आप कहीं लग रहे हों, जीभ कहीं लग रही हो, वस्तुएँ कहीं भी रखी हों, माला कहीं भी चल रही हो, पर बेटे, आप यह बताइए कि आपका चिन्तन कहाँ लग रहा है?...? गुरुजी! चिन्तन तो भागता रहता है। तो बेटे, भजन कहाँ हो रहा है? चिन्तन को लगाने का उद्देश्य यह है कि जिस...
- आप कहीं लग रहे हों, जीभ कहीं लग रही हो, वस्तुएँ कहीं भी रखी हों, माला कहीं भी चल रही हो, पर बेटे, आप यह बताइए कि आपका चिन्तन कहाँ लग रहा है?...? गुरुजी! चिन्तन तो भागता रहता है। तो बेटे, भजन कहाँ हो रहा है? चिन्तन को लगाने का उद्देश्य यह है कि जिस...
- आप कहेंगे कि गुरुजी आप ऐसा क्यों कह रहे हैं?...? बेटे, यह इसलिए कह रहा हूँ कि कतिपय सन्त-महात्मा अपने कर्तव्यों, उत्तरदायित्वों से भटक गये हैं। मनुष...
- आप कहेंगे कि उसका सबूत क्या है?...? सबूत यही है कि हमारा प्यार लौटकर हमारे पास आ जाता है।...
- आप कहेंगे कि गुरुदेव क्या इसके बिना काम नहीं चलेगा?...? साथियो, आप समझते नहीं हैं कि इन दिनों हिन्दुस्तान के सामने बहुत सी समस्यायें हैं। असम की समस्या है...
- आप कहेंगे कि गुरुदेव क्या इसके बिना काम नहीं चलेगा?...? साथियों, आप समझते नहीं हैं कि इन दिनों हिन्दुस्तान के सामने बहुत भी समस्याएँ हैं। हमने इन समस्याओं का...
- आप कहेंगे कि जानवरों की पार्टी कैसे रही है?...? इसके लिए मैं आपके सामने डार्विन की किताबें पेश कर सकता हूँ कि आप बन्दर की सन्तान हैं; बिना उद्देश्य ...
- आप कहेंगे कि तब बुराइयों का क्या होगा?...? क्या बुराइयों के साथ संघर्ष नहीं किया जायेगा? बुराइयों को मिटाया या उनसे लड़ा नहीं जायेगा? हाँ बेटे...
- आप कहेंगे कि महाराज जी तो क्या हम डण्डे लेकर खड़े हो जाएँ?...? मित्रो! इससे कुछ नहीं होगा। दूसरे और तरीके हैं। आपने भगीरथ का नाम सुना होगा। एक बार इस धरती पर से पा...
- आप कहेंगे कि ये सारे-का-सारा पूजा उपासना का विधान किसलिए बनाया गया है?...? चलिए मैं समझाता हूँ आपको कि पूजा-उपासना का विधान किस मकसद से चलाया गया है। आप उसके असली मकसद को नहीं...
- आप कहेंगे कि सच्चा अध्यात्मवाद क्या हो सकता है और इसका क्या फल मिल सकता है?...? बेटे, सच्चे अध्यात्मवाद का फल मिलना चाहिए और उसी कीमत पर मिलना चाहिए। जब हम अध्यात्मवादी होंगे, तो...
- आप काहे को अपना घर नीलाम करने पर उतारू हैं; लेकिन उनका विश्वास था, किस पर?...? उस सत्ता पर, जिसके बल पर उन्होंने संकल्प लिया और देखते-ही-देखते 1000 कुण्डीय यज्ञ सफल हो गया और लोग ...
- आप कितनी देर तक बैठेंगे सिनेमा में?...? ज्यादा देर तक नहीं बैठ सकते। यही बात कामवासना के सम्बन्ध में है। कामवासना का कितनी देर तक का सुख होता ...
- आप कितनी लम्बी चारपाई पर सोते हैं?...? चार फुट वाली पर? अच्छा आप अस्सी फुट वाली चार पाई पर सोकर दिखाइए। नहीं साहब! अस्सी फुट वाला तो मकान भ...
- आप कितने दण्ड-बैठक करते हैं?...? उत्तर मिलेगा 200-300 बैठक करते हैं। यह क्या है? रेपिटिशन जिसे बार-बार करना पड़ता है। मिलिट्री वाले ले...
- आप कितने वर्ष तक जिन्दा रहेंगे?...? यह तो केवल १५ वर्ष का चक्कर है। सन् २००० से नया उछाल आना शुरू हो जाएगा, मुसीबतें घटने लगेंगी। गायत्र...
- आप किन आँखों से देखते हैं और कहते हैं—माताजी, जानें कौन हैं?...? बेटी बनाए हुए हैं और हम बने हैं। गीली मिट्टी जो होती है, उस मिट्टी को जैसा चाहे, वैसा बना सकते हैं। ...
- आप किफायतशार बनेंगे तो आपको तंगी आएगी कि नहीं?...? फिर आपको कैसे अच्छा खाना मिल सकता है, जब आपको यह मालूम पड़ेगा कि हम इस गरीब मुल्क में रहते हैं, जिसम...
- आप किस उद्देश्य के लिए जिन्दा हैं?...? पेट भरने और औलाद पैदा करने के लिए जिन्दा हैं? हाँ साहब! पेट भरने और औलाद पैदा करने के अलावा हमारा तीस...
- आप किस काम के लिए भेजते हैं?...? बेटे! इस समय एक महत्त्वपूर्ण कार्य है। एक कार्य हमारा यह है कि इस वर्ष को, जिसको हमने रजत जयंती वर्ष...
- आप किस काम के लिए भेजते हैं?...? बेटे! इस समय एक महत्त्वपूर्ण कार्य है। एक कार्य हमारा यह है इस वर्ष को जिसको हमने रजत जयंती वर्ष कहा...
- आप किस तरह के आदमी हैं?...? गुरुजी! आपके यज्ञ पूरे हो जाएँगे? हाँ बेटे, यज्ञ पूरे हो जाएँगे। कैसे पूरे होंगे? देख, मथुरा में हमन...
- आप किस मतलब की दवा हैं?...? आपकी अकल में क्या जंग लग गई? नहीं बेटे, जंग नहीं लग गई। आप नई शक्ति लेकर के जाइए।
आज आत्मसमीक्षा ...
- आप किस योग की उपासना करते हैं, जिससे आपको परम सिद्धि प्राप्त हुई है?...? " शिव इस संसार में आदि-योगी थे, योग के सभी भेदों को मालूम कर चुके थे। उन्होंने उत्तर दिया-"...
- आप किसका इस्तेमाल करते हैं और किस चीज का इस्तेमाल नहीं करते?...? आप तो भगवान को वस्तुओं से बहकाना चाहते हैं। आप वस्तुओं को दिखाकर बच्चों को बहका सकते हैं, परन्तु भगवा...
- आप किसकी बात कह रहे थे?...? चिड़िया की, बाज की? नहीं बेटे! मैं तो सिद्ध पुरुषों की बात कर रहा हूँ। सिद्ध पुरुष क्या करते हैं...
- आप किसकी बाबत सिखा देते हैं और क्या सिखाते हैं?...? देवता हमारे लिए सत्प्रवृत्तियों का नाम है। जब ये विकसित होती हैं, तो कमाल करती हैं। जमीन को फाड़ डालत...
- आप किसके बादशाह हैं?...? बादलों का बादशाह, नदियों का बादशाह, पहाड़ों का बादशाह। वे कहते थे कि मैं इनके ऊपर जा सकता हूँ और देख...
- आप किसके-किसके मालिक बनेंगे?...? पहले आप अपने शरीर के तो मालिक बन जाइए। अपनी आँख के तो मालिक बन जाइए। आपने आँख से कहा था न कि खबरदार,...
- आप किसको देखने के लिए गए थे?...? गाँधी जी को। गाँधी जी को देखने के लिए तो लाखों लोग गए होंगे। तो क्या पुण्य मिला? बेटे! मैं समझता हूँ...
- आप किसको देखने के लिए गए थे?...? गाँधी जी को। गाँधी जी की देखने के लिए तो लाखों लोग गए होंगे है तो क्या पुण्य मिला? बेटे! मैं समझता ह...
- आप किसको प्यार करते हैं?...? साहब! हम तो पड़ोस की एक लड़की को प्यार करते हैं। अच्छा, तो आपको पड़ोस की लड़की से प्यार है? हाँ साहब! ...
- आप किससे सेवा करेंगे?...? अकल आपके पास है नहीं, शरीर आपके पास है नहीं। स्वास्थ्य भी आपके पास नहीं है। बुद्धि भी आपके पास नह...
- आप किससे माँगेंगे?...? देवी से माँगेंगे, देवता से माँगेंगे? तो बेटे, मेरा ऐसा ख्याल है कि एक तो वे तुझे कुछ देंगे नहीं ...
- आप किसी के काम आएँ, किसी से मीठे वचन बोलें, चिड़ियों को दाना डाल दें, तो आपको कौन रोक सकता है?...? यह सत्य है कि अगर किसी के घर में घुसें या किसी का सामान आदि चुरा लें, तो आपको कोई रोक भी सकता है...
- आप किसी के कुछ भी काम न आ सके, लेकिन क्या करते रहे?...? वही माला, वही घंटी, टनन्-टनन्..... करते रहे।
फिर क्या हुआ? साल भर बाद जब राजा आया और दोनों मा...
- आप किसी पर दबाव तो नहीं डाल सकते, आप उन्हें मजबूर तो नहीं कर सकते, आप दूसरे आदमी के गुलाम तो नहीं हैं, वे आपके लिए तो नहीं बने हैं, न जाने कौन से जन्मों के संस्कार उनके भीतर जमा हो गए हैं, उन संस्कारों के कारण बेचारे न जाने कैसी-कैसी जिन्दगी जी रहे हैं?...? आप अपनी जिन्दगी जी रहे हैं और चाहते हैं कि वे अपने हिसाब से जियें। आप उनको नौकर बनाना चाहते हैं, गुला...
- आप किसी मित्र की मदद करते रहे हों, लेकिन समय पर वह आपकी मदद न करे?...?
उत्तर- इससे हमें किसी के भरोसे न रहने का सबक मिलेगा। हम किसी की मदद उससे वापसी प्राप्ति की आशा में ...
- आप किसी से भी पूछ लेना, हर आदमी यही कहेगा कि भला आचार्य जी के पास से हम खाली हाथ आ सकते हैं क्या?...? आपसे हर आदमी यही कहेगा कि हम गुरुजी के पास जाते हैं और फायदा लेकर आते हैं। देवता वे होते हैं जो देने...
- आप किसी से मालूम कर लेना कि आप आचार्य जी के पास गए तो क्या आप खाली हाथ आए?...? आप किसी से भी पूछ लेना, हर आदमी यही कहेगा कि भला आचार्य जी के पास से हम खाली हाथ आ सकते हैं क्या? आप...
- आप कीड़े और मकोड़े के तरीके से जियेंगे या कीड़े-मकोड़े के तरीके से जीना चाहते हैं, तो फिर मैं क्या कह सकता हूँ?...? कीड़े-मकोड़े में और आदमी में क्या फर्क है? बेटे, वही कसौटियाँ हैं, जिससे हम कीड़े-मकोड़े और आदमी में फ...
- आप कुण्डली जगा देंगे?...? रामकृष्ण परमहंस ने जगा दी। तो गुरुजी, आप भी हमारी कुण्डली जगा देंगे? हाँ बेटे, हम जगा देंगे। इसके लिए...
- आप कुण्डली जगा देंगे?...? रामकृष्ण परमहंस ने जगा दी। तो गुरुजी, आप भी हमारी कुण्डली जगा देंगे? हाँ बेटे, हम जगा देंगे। इसके लिए...
- आप कुछ ऐसे मालूम पड़ते हैं मानो कोई समझदार और पढ़े-लिखे लोग हों, फिर आप भीख क्यों माँगते हो?...? देखिए हम कोढ़ी हो गए हैं और कुछ नहीं कर सकते हैं। कोढ़ी हो गए हैं तो आपके हाथ कोढ़ी हो गए हैं ना, आपका ...
- आप कुछ त्याग नहीं करेंगे तो पा कैसे लेंगे?...? और जो त्याग करना है उसमें जप करना काफी नहीं है। जरूरी तो है, पर काफी नहीं है। आपका चावल चढ़ा देना, धू...
- आप कुछ दे पायेंगे क्या?...? उन्होंने कहा—नहीं, हम कुछ नहीं दे पायेंगे। हम देते भी हैं, तो सिर्फ उसको देते हैं जो उसका पात्र और अ...
- आप कुछ माँगेंगे?...? आप क्या समझते हैं हमको, भिखारी समझते हैं और अपने आप को कोई बड़ा दानी या बिरला सेठ समझते हैं। बेटे! ह...
- आप कृपण बने रहें, तो हम क्या करेंगे?...? आपको महत्त्वपूर्ण श्रेय किस प्रकार दे पाएँगे। आप आगे बढ़िए और इस चरणपीठ के कार्य को पूरा कीजिए। आ...
- आप केवल कर्तव्यों पर विचार करें और अधिकारों की उपेक्षा करने लगें, तो मैं ये कहूँगा कि सच्चे अर्थों में आप कायाकल्प के अधिकारी हुए और हमेशा कर्तव्यों को भुलाते रहेंगे और अधिकारों की माँग करते रहोगे, तो क्या कहा जाएगा?...? आपसे ये कहा जाएगा, आप घिनौनी, नारकीय मनःस्थिति में पड़े हुए हैं, जिसके फलस्वरूप आदमी को अनेक विपन्नता...
- आप केवल शरीर के लिए और कुटुम्बियों के लिए ही क्या सारा समय खरच कर देंगे?...? नहीं, आप अपनी आत्मा के लिए भी समय निकालिए। आप अंशदान निकालिए। आपके पास जो साधन हैं, वे सारे-के-सारे ...
- आप कैसा डिवीजन लाए?...? वगैरह-वगैरह। आपके पास जो सामान है उस पर आप विचार मत कीजिए। फिर क्या करें? आपको एक ऐसी बड़ी चीज मिली ह...
- आप कैसे चिन्तित, परेशान बैठे हुए हैं?...? ’’ उन्होंने कहा—‘‘हमने मनुष्य को बड़ी उम्मीदों के साथ बनाया था, लेकिन ये इनसान बड़े निकम्मे, बड़े स्वार...
- आप कैसे देवता हो सकते हैं?...? इसके लिए आपको संघर्ष करना पड़ेगा। मछली उलटी दिशा में चलती है। आप भी मछली के तरीके से उलटी दिशा में च...
- आप कैसे देवता हो सकते हैं?...? इसके लिए आपको संघर्ष करना पड़ेगा। मछली उलटी दिशा में चलती है। आप भी मछली के तरीके से उलटी दिशा में चल...
- आप कैसे पान खा सकते हैं?...? बेटे, क्या करना पड़ेगा? आपको किफायतसारी बनना पड़ेगा। ‘‘सादा जीवन, उच्च विचार’’ की परम्पराएँ पैदा कीज...
- आप कैसे भक्त हैं?...? चलिए ठीक है, हमारी गलती है। हम बार-बार उसके चरण छूते हैं और बार-बार मिठाई खिलाते हैं। भाई साहब! हमार...
- आप कैसे मनुष्यों का निर्माण करेंगे?...? उनमें किस चीज का निर्माण करेंगे? उन्हें क्या सिखाएँगे? क्या आप उन्हें इंजीनियरिंग सिखाएँगे? नहीं इंज...
- आप कैसे समझदार हैं?...? कौए की तरह से समझदार हैं। वह हर मामले में चौकस होता है, चालाक होता है, उस्ताद होता है। उस्ताद होते...
- आप कैसे सौभाग्यशाली हैं?...? आपको तो सहारा भी मिल गया।...
- आप कैसे हो सकते हैं?...? नहीं साहब ! परिश्रम आपको करना पड़े, प्रयत्न आपको करना पड़े, पुरुषार्थ आपको करना पड़े और लाभ हमको...
- आप कैसे हो?...? ’’ तब गुरुजी ने कहा, ‘‘शैलो, तू क्यों चिन्ता करती है। कोई खास बात नहीं, खिड़की से मेरी ऊँगली कट गई। ले...
- आप कॉलेजों में, विश्वविद्यालयों में चले जाइए पहले वहाँ अराजक तत्त्व-अवांछनीय तत्व कहाँ रहते थे, पर देखिए सारी खुराफातें कहाँ जन्म ले रही हैं?...? आपको बदलता हुआ जमाना दिखाई नहीं पड़ता, आजकल बहुत हेरफेर हो रहा है। इस अकल ने दुनिया को हैरान कर दिया...
- आप कोई सहायता नहीं कर सकते?...? बेटे, हम जरूर करेंगे। कैसे करेंगे? हमने आपको बता तो दिया है कि हमारे पास एनासिन की गोलियाँ हैं, एस...
- आप कोका-कोला कहाँ से पी लेते हैं?...? सवा रुपये का छाछ आप अपने बच्चों को नहीं पिला सकते? नहीं, साहब! हम पान खायेंगे। आप कैसे पान खा सकते...
- आप कौन सी चीज नहीं कर सकते?...? हम महान बनना चाहते हैं, भगवान को पाना चाहते हैं, लेकिन पा नहीं सकते। क्यों? क्योंकि आपके पैरों में ब...
- आप कौन सी भक्ति की बात कर रहे थे कल?...? जो गायत्री माता के साथ जुड़ी हुई है, मैं उस भक्ति की बात कर रहा था। जिसका दूसरा नाम है-मोहब्बत। ज...
- आप कौन सी माला जपते हैं?...? रुद्राक्ष की जपते हैं, चन्दन की लकड़ी की, तुलसी की माला से जपते हैं? हमने किसी की नहीं जपी है। हमने ए...
- आप कौन से ब्राह्मण हैं?...? हम तो साहब गौड़ ब्राह्मण हैं। आप क्या काम करते हैं? हमने तो दुकान खोल रखी है? किसकी दुकान खोल रखी है?...
- आप कौन से स्कूल में पढ़े हैं?...? बेटे, कहीं भी नहीं पढ़े हम। ये जो सारी अकल बरसती है, वो आसमान से बरसकर हमारे दिमाग में घुस जाती है औ...
- आप कौन से स्कूल में पढ़े हैं?...? बेटे, कहीं भी नहीं पढ़े हम। ये जो सारी अकल बरसती है, वो आसमान से बरसकर हमारे दिमाग में घुस जाती है ...
- आप कौन हैं और आपके जीवन का लक्ष्य क्या है?...? तो पढ़ें—
1. मैं क्या हूँ? 2. जीवन लक्ष्य और उसकी प्राप्ति 3. आत्मा वाऽरे ज्ञातव्यः 4. आत्मा न न...
- आप कौन हैं?...? आप जाग्रत आत्मा हैं। हमने जो हार युगदेवता के लिए बनाया है, वह भगवान् के इस बगीचे से अच्छे से अच्छे...
- आप कौन हैं?...? आप रिक्शे वाले हैं और आप? पुजारी जी हैं। अरे सिनेमा देखते हैं? नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ...
- आप कौन हैं?...? हम तो साहब! यदुवंशी राजपूत हैं। तो आप में कोई ब्राह्मण भी है क्या? नहीं साहब! ब्राह्मण तो नहीं है। अ...
- आप कौन हैं?...? हम नाई हैं और वर्तमान राज परम्परा के हिसाब से अछूत राजगद्दी पर नहीं बैठ सकता। ये सारे राजा मुझे मार ड...
- आप कौन हैं?...? आप तो बेअकल जाट हैं, जो एक पाये की चारपाई लिए फिरते हैं। चारपाई माने माला। केवल माला लिए बैठे हैं। आ...
- आप कौन हैं?...? राजा कर्ण हैं। लीजिए, आप तो हजार के स्थान पर दो हजार रुपये ले जाइए और अपने भतीजे को दे दीजिए। बाईस र...
- आप कौन हैं?...? हम राजा परीक्षित हैं। अच्छा पूछिए, हम आपकी बात का उत्तर अवश्य देंगे। परीक्षित ने कहा कि वह जवान नंग-...
- आप कौन हैं?...? धोबी। चल हट, हम नहीं छूते। तू कपड़ा धोता है, गन्दा काम करता है। हम कपड़ा मैला करते हैं, इसलिए हम बड़े ...
- आप कौन हैं?...? आप एक विद्यार्थी हैं। अगर आपके कहने का ढंग अच्छा नहीं है और आपके कहने की शैली अच्छी नहीं है और स...
- आप कौन हैं?...? उन्होंने कहा—हम तो नारद जी हैं। आप कहाँ जा रहे हैं? उन्होंने कहा—विष्णु भगवान के पास जा रहा हूँ। अच्...
- आप कौन हैं?...? हम तो भूत हैं। अच्छा आप भूत हैं, तो क्या आप ऐसी कृपा कर सकते हैं कि हमको हनुमान मिल जायँ, ताकि हम उन...
- आप कौन हैं?...? जरा आप शीशे में मुँह देख करके आइए। किसके लिए पूरी कराना चाहते हैं? हवस पूरी करने के लिए, ख्वाहिशें प...
- आप कौन हैं?...? आप मणिमुक्तक हैं। आप कौन हैं? आपके अन्दर वो देवत्व है, अभी जो लड़के गीत गा रहे थे—देवत्व।
बेटे! आप...
- आप कौन हैं?...? आप हैं—हाथी। और आप कौन हैं? मछली हैं। कौन सी मछली? जो समुद्र में चलती है और छरछराती हुई अपना रास्ता ...
- आप कौन हैं?...? यह समय आपत्तिकाल का है, जो एक और सुंदर सपने संजोए हुए हैं, तो दूसरी तरफ विनाश की लीला भी मुँह बाए खड...
- आप कौन हैं?...? आप तो बेअकल जाट हैं, जो एक पाए की चारपाई लिए फिरते हैं। चारपाई माने माला। केवल माला लिए बैठे हैं। आप...
- आप कौन हैं?...? आप रिक्शे वाले हैं और आप? पुजारी जी हैं। अरे सिनेमा देखते हैं? नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ...
- आप कौन हैं?...? हम तो साहब! यदुवंशी राजपूत हैं तो आप में कोई ब्राह्मण भी है क्या? नहीं साहब! ब्राह्मण तो नहीं है। ...
- आप कौन हैं?...? हम राजा परीक्षित हैं। अच्छा पूछिए हम आपकी बात का उत्तर अवश्य देंगे। परीक्षित ने कहा कि वह जवान नंग-ध...
- आप कौन हैं?...? हम वाल्मीकि ऋषि हैं और वाल्मीकि ऋषि के तरीके से आपके बच्चों को लव-कुश बना सकते हैं। आपकी औरत को तपस्...
- आप कौन हैं?...? आप वकील हैं तो अच्छा, करते क्या हैं? सबेरे से शाम तक झूठ बोलते हैं व बुलवाते हैं। फरेब करते हैं व कर...
- आप कौन हैं?...? निष्ठुर। पत्थर के बने हुए हैं, स्टील के बने हुए हैं, फौलाद के बने हुए हैं जिसे अपनी ही महत्त्वाकांक्...
- आप कौन हैं?...? बहेलिया। यही धन्धा है। चुप। बहेलिए का मछली मार धन्धा करता है कहता है हम भजन करते हैं, हम देवी के भक्...
- आप कौन हैं?...? आप अपना नाम तो बताइए? आप कौन हैं, जो आपको ये जुर्रत और ये हिम्मत होती है कि आप भगवान के ऊपर ये हुक्म...
- आप कौन होते हैं कहने वाले?...? विचारों के ऊपर, भावनाओं के ऊपर सरकार का कोई नियंत्रण नहीं होता। तब इन पर किसका नियंत्रण होता है—समाज...
- आप कौन-सी पार्टी के है?...? पहले आप पार्टी बताइये, तब बात करेंगे आपसे? हम तो साहब गाय-बच्चा वाला पार्टी के हैं। बस, बस हो गया। य...
- आप कौन-सी पार्टी से आए हैं?...? पहले आप बताइये? हम तो लाल झण्डे वाले हैं। अह....हा....हा....! लाल झण्डे वही तो है, जो गरीब-अमीर सबको...
- आप क्या अच्छे परामर्श देने की स्थिति में नहीं हैं?...? क्या आप मुस्कान नहीं बाँट सकते? क्या आप मुहब्बत नहीं बाँट सकते? ये चीजें कम है क्या? आप देने वाले बन...
- आप क्या कमाते हैं?...? हम नहीं जानते, पर उसको खरच करने के लिए रोक है, बन्धन है।
मित्रो! प्राचीनकाल का जीवन ब्राह्मण का ज...
- आप क्या कर सकते हैं?...? आप उसका हाथ बँटा सकते हैं। आप उसके कन्धे से कंधा मिलाकर चल सकते हैं। जिस तरीके से ग्वाल-बालों ने गोवर...
- आप क्या कर सकते हैं?...? आप उसका हाथ बँटा सकते हैं। आप उसके कन्धे से कंधा मिलाकर चल सकते है। जिस तरीके से ग्वाल-बालों ने गोवर्...
- आप क्या करते रहते हैं?...? चौकी, चौकी पर एक खिलौना, खिलौने पर एक हाथी, हाथी पर एक घंटी, घंटी पर एक.... | आपने ये सारे के सारे ख...
- आप क्या करते हैं?...? ब्याह-शादी बड़ी आसानी से हो सकती थी, पर नहीं, दावत तो बढ़िया होनी ही चाहिए। यह क्या है? यह है 'अहं' ...
- आप क्या करते हैं?...? जब हम जप करने के लिए बैठ जाते हैं, तब आप हमारी शीशे में शक्ल देखें तो ऐसा मालूम पड़ेगा कि कोई महात्म...
- आप क्या करते हैं?...? उन्होंने कहा कि महाराज जी! आप देखो तो सही। आपकी पृथ्वी कितनी बड़ी है। पृथ्वी के बाद फिर नवग्रह आ ...
- आप क्या करते हैं?...? साहब! हमारा—‘‘शर्मा हेयर कटिंग सैलून ’’ है। आप भी शर्मा जी हैं? हाँ हम भी शर्मा जी हैं, तो ठीक है। आ...
- आप क्या करते हैं?...? जब हम जप करने के लिए बैठ जाते हैं, तब आप हमारी शीशे में शक्ल देखें तो ऐसा मालूम पड़ेगा कि कोई महात्मा...
- आप क्या करना चाहते हैं?...? उसने कहा कि हम अपनी सेवा देंगे और आपके गाँव में रहेंगे और आपकी बच्चियों को पढ़ाएँगे, उन्हें सुसंस्कृ...
- आप क्या करना चाहते हैं?...? हम भी बाल खड़े रखेंगे? तो क्या हो जाएँगे? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस्ता है। इससे अच्छा उपाय ...
- आप क्या करना चाहते हैं?...? हम भी बाल खड़े रखेंगे? तो क्या हो जाएँगे? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस्ता है। इससे अच्छा उपाय ...
- आप क्या करना चाहते हैं?...? हम भारतीय संस्कृति को मेज पर खड़ा करके यह कहना चाहते हैं कि यह वह संस्कृति है जिसने दुनिया का कायाकल्...
- आप क्या करेंगे?...? आपको सादा जीवन और उच्च विचार के सिद्धान्तों को स्वीकार करना पड़ेगा। ऊँचे विचार सिर्फ उस आदमी के पास ...
- आप क्या करेंगे?...? हम अनुष्ठान करेंगे और एक बहुत ऊँचा मंच बनाएँगे और कल से ही आशीर्वाद देना शुरू करेंगे और क्या करे...
- आप क्या करेंगे?...? हम तो पहले ही छोड़कर चले जाते हैं। क्यों साहब? फिर तो आपका सारा पैसा चला जाता होगा। नहीं चला जाता, यह...
- आप क्या करेंगे?...? हिप्पी हैं तो हम यह करेंगे कि समाज की सारी-की-सारी मर्यादाओं को तोड़कर रखेंगे। इससे क्या फायदा होगा?...
- आप क्या करेंगे?...? और कैसे करेंगे? क्यों करेंगे? क्रिया के साथ-साथ में चिन्तन को आप जोड़ दीजिए। चिन्तन और क्रिया को, दोन...
- आप क्या करेंगे?...? अरे भाई साहब! हमें क्या करना है? हर आदमी गलतियों से भरा पड़ा है। आपकी गलतियों में मुझे जायका लेने का,...
- आप क्या कह रहे थे?...? मैं यह कह रहा था कि आपको जो सबसे श्रेष्ठ धंधा, व्यवसाय बताया है, वह अध्यात्म है। अध्यात्म का व्यवसाय...
- आप क्या कह रहे थे?...? बेटे! मैं आपके बारे में कह रहा था कि आप चाहें तो आप भी इस रास्ते को अख्तियार कर सकते हैं और आपके लिए...
- आप क्या कह रहे थे?...? मैं यह कह रहा था कि आपको जो सबसे श्रेष्ठ धंधा, व्यवसाय बताया है, वह अध्यात्म है। अध्यात्म का व्यवसाय...
- आप क्या कह रहे थे?...? आप क्या चाहते हैं? वेश्यावृत्ति भी जारी रखी जाए, चोरी भी जारी रखी जाए और काम भी जारी रखी जाएँ, भजन भ...
- आप क्या कह रहे हैं?...? बेटे! मैं यह नहीं कह रहा हूँ कि आपकी महत्त्वाकाँक्षाएँ नहीं बढ़नी चाहिए। आपकी महत्त्वाकाँक्षाएँ जरू...
- आप क्या कह रहे हैं?...? बेटे मैं ये कह रहा हूँ कि कर्मकाण्ड जो हैं जो हमने आपको सिखा दिये थे, जिनको आप पहाड़ के बराबर मानते ह...
- आप क्या कहते हैं स्वामी जी?...? लाइये कुर्ता दीजिए, पैंट दीजिए। हम साफ कर देंगे।’ अरे बाबा! पैंट कहाँ से आया? केवल लंगोटी है। तो...
- आप क्या कहते हैं?...? मैं तो एक बात कहता हूँ कि अगर आपके भीतर वह साहस, आपके भीतर वह हिम्मत जिस दिन भी उदय हो जायेगी, उसी...
- आप क्या कहना चाहते हैं?...? मैं यह कहना चाहता हूँ कि आध्यात्मिकता के वे अर्थ जो अभी आपको समझ में नहीं आये, उसकी बाबत तो मैं जिक्...
- आप क्या कहना चाहते हैं?...? मैं यह कहना चाहता हूँ कि आदमी भीतर की दृष्टि से मजबूत तभी बनेगा, आज या आज से हजार वर्ष बाद उसको ब्रह...
- आप क्या कहना चाहते हैं?...? मैं यह कहना चाहूँगा, कहना चाहता हूँ कि जो भी कर्मकाण्ड हैं, जो आपने सीखे हैं, जो हमने सिखाए हैं, अभी...
- आप क्या कहने जा रहे थे?...? मैं यह कहने जा रहा था कि आज से ही आप यह विचार करना शुरू करें कि हमारे जीवन की गन्दगी जो कार्यरूप में,...
- आप क्या कहें?...? गायत्री माता को क्या कहूँ बेटे! इसको माँ कहना। माँ से क्या मतलब है? माँ से ये मतलब है कि ये पूज्य और...
- आप क्या काम करते हैं?...? हम डीलिंग में नहीं जाते हैं। ट्रांसफर में हमारी डीलिंग नहीं है।
ये देवी-देवता हमें क्या देंगे...
- आप क्या काम करते हैं?...? अरे साहब! लेक्चर झाड़ने का पैसा कमाते हैं। धत् तेरे की? और कुछ काम करते हो? नहीं साहब! कुछ काम नहीं,...
- आप क्या काम करते हैं?...? हमने तो दुकान खोल रखी है? किसकी दुकान खोल रखी है? ‘शर्मा फुटवियर’ की। फुटवियर क्या होता है? अरे साहब...
- आप क्या काम करते हैं?...? अरे साहब! लेक्चर झाड़ने का पैसा कमाते हैं। धत तेरे की? और कुछ काम करते हो? नहीं साहब! कुछ काम नहीं, आ...
- आप क्या खाते हैं?...? साहब! हम तो मुर्गी का अण्डा खाते हैं, प्रोटीन खाते हैं, विटामिन ए खाते हैं। हम मुर्गा खाते हैं, बकरा...
- आप क्या खिला करके करेंगे?...? और उल्टा पेट में दर्द हो जाएगा। आप पौष्टिक पदार्थ दीजिए, मलाई-मिठाई दीजिए। अगर पेट खराब है, पचता नही...
- आप क्या खिला करके रहेंगे?...? और उल्टा पेट में दर्द होगा। आप पौष्टिक भोजन दीजिए, मलाई-मिठाई दीजिए। लेकिन अगर पेट नहीं है, पेट पचता...
- आप क्या चाहते थे?...? हम तो तस्कर बनना चाहते थे और देवी का पाठ हम इसलिए कराना चाहते हैं कि हमारे तस्करी के धंधे में फायदा ...
- आप क्या चाहते हैं?...? साहब, हम तो चैन की जिन्दगी जीना चाहते हैं और खुशहाली की जिन्दगी जीना चाहते हैं, मौज करना चाहते हैं, ...
- आप क्या चाहते हैं?...? हमको यह आशीर्वाद दे दीजिए। अच्छा साहब! आशीर्वाद दे देंगे। क्या आशीर्वाद दें? यह आशीर्वाद दीजिए कि हम...
- आप क्या चाहते हैं?...? बाजीगरी चाहते हैं। आप चाहते हैं कि इस चक्र में से चमक पैदा कर दें, कैसे? जिस तरह से ब्याह-शादियों के...
- आप क्या चाहते हैं?...? आप यह चाहते हैं कि दुनिया में इस जिन्दगी में आप्तकाम हो जायँ, मनोकामनाएँ पूरी हो जायँ और आपको वह अलौ...
- आप क्या चाहते हैं?...? हम लक्ष्मी चाहते हैं, तो श्रीसूक्त का पाठ करना शुरू कीजिए। थोड़े दिन बाद लक्ष्मी जी आएँगी और एक बड़े...
- आप क्या चाहते हैं?...? आदमी दूसरी चीज क्या चाहता है? आदमी दूसरी चीज चाहता है—इज्जत। हमको इज्जत मिलनी चाहिए। आप इज्जत चाहते ...
- आप क्या चाहते हैं?...? आप को समाज याद रखे या भूल जाए।’’
बालक-‘‘समाज याद रखे।’’
प्रशिक्षक-‘‘तो फिर देश के लिये आप क्या काम क...
- आप क्या चाहते हैं?...? बराबर माता जी से कहते रहते हैं—‘हमारे बाल-बच्चे हो जाएँ, लड़की होती है तो लड़का हो जाए। हमारा मुकदमा च...
- आप क्या चाहते हैं?...? पैसा? आप क्या चाहते हैं? औलाद? तीसरी कोई चीज न हो तो आप शरीर की दृष्टि से कौन हैं? हम नहीं जानते, ले...
- आप क्या चाहते हैं?...? वेश्यावृत्ति भी जारी रखी जाए, चोरी भी जारी रखी जाए और काम भी जारी रखी जाएँ, भजन भी जारी रखा जाए? जार...
- आप क्या चीज ले करके जायेंगे?...? आप यह चीज लेकर के जाएँ- एक भगवान् की भक्ति, भगवान् पर विश्वास, भगवान् की निष्ठाएँ। इन्हें आप इकट्ठ...
- आप क्या पास हैं?...? एम.ए. पास हैं। एम.ए. के कोर्स में कौन-कौन सी किताबें होती हैं? हाँ साहब! एम.ए. तो कर लिया परन्तु अभी...
- आप क्या पास हैं?...? बी.ए. पास हैं, तो आपको साढ़े तीन सौ रुपये तनख्वाह मिलेगी। एम.ए. पास हैं तो पाँच सौ रुपये से आपकी स्टा...
- आप क्या फायदा उठा सकते हैं, बताइये जरा?...? नहीं साहब! हमको पैसा मिल जाएगा, तो बहुत फायदा होगा। अच्छा पैसा हम दिलाते हैं, पर आप उसे इस्तेमाल करक...
- आप क्या बनना चाहते हैं?...? चारण बनना चाहते हैं या चमचे बनना चाहते हैं? क्या आप वेश्याओं के पीछे चमचे बनकर फिरना चाहते हैं? अरे ...
- आप क्या बनना चाहते हैं?...? इष्ट के माध्यम से आप अपने जीवन का यह लक्ष्य निर्धारित करते हैं कि हमको कहाँ पहुँचना है और हमको क्य...
- आप क्या बनना चाहते हैं?...? चारण बनना चाहते हैं या चमचे बनना चाहते हैं? क्या आप वेश्याओं के पीछे चमचे बनकर फिरना चाहते हैं? अरे ...
- आप क्या बात कर रहे हैं?...? बेटे! मैं यह बात कह रहा हूँ कि संस्कृति, जो इनसान को इनसान बनाए हुए है। परलोक की बात मैं नहीं कहता, ...
- आप क्या बात करते हैं?...? आप हमारी चिट्ठियों को देख लेना, कितनी आती हैं। हमने ईमानदारी के साथ लोगों के कष्टों को दूर कि या है।...
- आप क्या बात कह रहे हैं?...? मैं गायत्री मंत्र की बात कह रहा हूँ। गायत्री मंत्र को तो आप हर बार पूजा की बात कहते रहते हैं।...
- आप क्या बात कहते हैं?...? हमारी बेटी हमको मनीआर्डर क्यों भेजने लगी। तो फिर क्या होता है? ब्याह के बाद भी हम उसकी सहायता करते र...
- आप क्या बोलते हैं?...? बेटे हम गायत्री मंत्र बोलते हैं—केवल गायत्री मंत्र। हमारी वाणी से और कोई दूसरा शब्द नहीं निकलता। हमा...
- आप क्या मुनासिब समझते हैं?...? एक बात मुनासिब समझते हैं कि हमारा बाहरी वाला जीवन किसी तरीके से खुश हो जाय। आपकी आस यहीं तक सीमित है...
- आप क्या लेकर आते हैं?...? मोहब्बत लेकर आते हैं, प्यार लेकर आते हैं और पैसा खरच करके आते हैं। आप अपनी पत्नी के जेवर तक बेचकर आत...
- आप क्या समझते हैं कि बाप, जो परदेश चला गया था, उसने अपने बच्चों से प्रेम-मुहब्बत कम कर दी?...? अपने माता-पिता से मुहब्बत कम कर दी? न, ऐसा मत कहिए। अलग होने का मतलब मुहब्बत कम करना नहीं होता। इस...
- आप क्या समझते हैं?...? आप तो ऐसी वाहियात बातें समझते हैं, जिन्हें जानकर गुस्सा आता है। आप क्या समझते हैं? आप तो यह समझते है...
- आप क्या सिखाना चाहते हैं?...? आप समझिए तो सही। आप तो नहीं रहते हैं। कहाँ? हमारी मनोकामना, भजन और माला। बेटे, ये तो गलत है।
...
- आप क्या सिखाना चाहते हैं?...? आप समझिए तो सही। आप तो वहीं रहते है। कहीं? हमारी मनोकामनाएँ, भजन और माला। बेटे, ये तो गलत है। पहले स...
- आप क्या सीखते हैं?...? आपको यहाँ वाणी का मुखर होना सिखाया जाता है। आपको यहाँ प्रज्ञा पुराण की कथा कहना सिखाया जाता है, और स...
- आप क्या सुधारेंगे?...? यह कोई सुधारने का तरीका है। दूसरों के लिए बदजुबानी बोलते हैं। बदजुबानी बोलने से क्या होगा कि आपकी जब...
- आप क्या सोचते हैं?...? क्या करते हैं? मैं नहीं जानता, लेकिन मन की शक्ति को तो कहते हैं कि हाथी के बराबर वह शक्तिशाली है। शर...
- आप क्या स्तोत्रपाठ कर रहे हैं?...? किसका स्तोत्रपाठ कर रहे हैं? हनुमान जी का स्तोत्रपाठ कर रहे हैं। क्या-क्या कह रहे हैं— सहस्र योजन जा...
- आप क्या हुकूमत करेंगे?...? आप बैठे रहा कीजिए, मौज कीजिए। अहिल्याबाई का राज्य इंदौर के इतिहास में अभूतपूर्व राज्य था। इंदौर के म...
- आप क्या हुकूमत करेंगे?...? आप बैठे रहा कीजिए, मौज कीजिए। अहिल्याबाई का राज्य इंदौर के इतिहास में अभूतपूर्व राज्य था। इंदौर के म...
- आप क्या हैं?...? आप स्थूलशक्ति हैं। आप भुजाएँ हैं, आप कलाइयाँ हैं, आप अकल हैं, आप साधन हैं, आप श्रम हैं और आप स्थूल ...
- आप क्या हैं?...? हम तो चपरासी के नौकर हैं। चपरासी हमको खाना खिला सकता है, पानी पिला सकता है। चपरासी देवता की जय हो।...
- आप क्या हैं?...? आपकी श्रद्धा को परख करके मैं बता सकता हूँ। गीताकार ने कहा है—श्रद्धामयोऽयं पुरुषो यो यच्छ्रद्धः स एव...
- आप क्या हैं?...? आप मेरी माँ कुंती के समान हैं और मैं आपका बेटा, ठीक है, यह कहकर वह चली गई और उसने जाकर अपने देवताओं ...
- आप क्या-क्या करेंगे?...? आप स्वाध्याय, सत्संग को अपने जीवन का आवश्यक अंग मानिए। सत्संग किस तरीके से करें? सत्संग तो मिलना मुश...
- आप क्यों अपने आप को मालदार अनुभव नहीं कर सकते?...? क्यों आप सम्पन्न अनुभव नहीं कर सकते? आप गरीबी को छोड़ दीजिये और अमीरी यहाँ से लेकर जाइये, बदल जाइये। ...
- आप क्यों ऐसी कल्पना करते हैं?...? वास्तविकता यह थोड़े ही है। आपने कोई सिर्फ कल्पना कर रखी है।...
- आप क्यों ऐसी जिन्दगी जीयेंगे?...? भगवान् ने तो आपको राजकुमार बनाया है न, आपको बुद्धि दी है न, आपको वाणी दी है न, आपको हाथ-पाँव दिये है...
- आप क्यों करते रहते हैं?...? उज्ज्वल कल्पनाएँ आपको करना नहीं आता? आप विधायक विचार नहीं कर सकते, आपको निषेधात्मक विचारोंं को हटाना...
- आप क्यों करेंगे?...? बच्चे माँ-बाप की चिन्ता क्यों करेंगे कि पिताजी का यह काम कैसे होगा? वह काम कैसे होगा? पिताजी का कर्ज...
- आप क्यों नहीं अपने भीतर गड्ढे बनाते?...? मुलायमी क्यों नहीं अपने भीतर पैदा करते?
साथियो! समाधान अपनी जगह पर सही है। भगवान अपनी जगह पर ...
- आप क्यों नहीं अपने भीतर गड्ढे बनाते?...? मुलायमियत क्यों नहीं अपने भीतर पैदा करते?
साथियो! समाधान अपनी जगह पर सही है। भगवान अपनी जगह पर सही...
- आप क्यों नहीं कर सकेंगे?...? किफायत से रहिए, कम खर्च में रहिए। ये मत कहिए कि जो आदमी खर्चीली जिन्दगी जीते हैं वो कोई शक्तिशाली हो...
- आप क्यों नहीं कर सकेंगे?...? किफायत से रहिए, कम खर्च में रहिए। ये मत कहिए, जो आदमी खर्चीला जिन्दगी जीते हैं, वह शक्तिशाली हो जाते...
- आप क्यों नहीं समझते इस मोटी सी बात को?...? आपने इतनी मोटी बात को समझने से इनकार क्यों कर दिया? नहीं साहब! भगवान गोदी में ले लेगा। किस कीमत पर भ...
- आप क्यों नहीं समझते इस मोटी-सी बात को?...? आपने इतनी मोटी बात को समझने से इनकार क्यों कर दिया? नहीं साहब! भगवान गोदी में ले लेगा। किस कीमत पर भ...
- आप क्यों नहीं सुनते?...? हमें तो कोई जरूरत नहीं है। हमारे सब विरोधी हैं। विरोधी भी बेटे इज्जत करते हैं। क्रान्तिकारियों को बेट...
- आप क्यों नहीं सुनते?...? हमें तो कोई जरूरत नहीं है। हमारे सब विरोधी हैं। विरोधी भी बेटे इज्जत करते है। क्रान्तिकारियों को बेटे...
- आप क्यों नहीं हुए?...? बात यह है कि हमारा अभी पैक बन्द किया हुआ रखा है; कार्क लगा हुआ है; कार्क खोला नहीं है। कार्क नहीं खो...
- आप क्यों प्रसन्न नहीं हो सकते?...? आप अपने आप को क्यों मालदार अनुभव नहीं कर सकते? क्यों आप सम्पन्न अनुभव नहीं कर सकते?
आप गरीबी को छो...
- आप क्यों प्रसन्न नहीं हो सकते?...? आप क्यों अपने आप को मालदार अनुभव नहीं कर सकते? क्यों आप सम्पन्न अनुभव नहीं कर सकते? आप गरीबी को छोड़ ...
- आप क्यों बढ़ाते चले जाते हैं, किसने कहा था आपसे रोज बच्चे पैदा करने के लिए, आप बिना बच्चे के जिन्दा नहीं रह सकते?...? कम बच्चों से गुजारा नहीं हो सकता? कम बच्चे जो हैं उसको आप पर्याप्त नहीं मान सकते। ऐसे मानिये। अब बच्...
- आप क्यों योग्यता सम्पादन करने लगे?...? आप ये सब तो भगवान से करा दीजिए। खाना चबाने के लिए भगवान जी से कहिये—आप खाना चबाकर के हमारे मुँह में ...
- आप क्यों रो रहे है?...? ’
साधु बोला-बेटा जैसी डिबिया तुम्हारे हाथ में है, वैसी ही एक डिबिया मेरे पास थी। बहुत दिन परिश्रम कर...
- आप क्यों रोती हैं?...? गुरुजी! चेलों ने हमारी बहुत मिट्टी पलीत की है। हमने कहा—क्या किया है? उन्होंने कहा, हम तो मारवाड़ियों...
- आप क्यों हैरान हो रहे हैं?...? नहीं साहब! हमारा बच्चा है। ठीक है आपका बच्चा है, तो क्यों दुःखी नहीं होना चाहिए। पर आप अपने बच्चे तक...
- आप क्वालिटी क्यों नहीं बनाते?...? नहीं साहब! हम तो आठ घण्टे काम करते हैं। आठ घण्टे आपके ढाई घण्टे के बराबर हैं। आप आठ घण्टे मनोयोग के साथ ...
- आप क्वालिटी क्यों नहीं बनाते?...? नहीं साहब, हम तो आठ घण्टे काम करते हैं। आठ घण्टे आपके ढ़ाई घण्टे के बराबर हैं। आप आठ घण्टे मनोयोग के साथ...
- आप क्षुद्र क्यों बने हुए हैं?...? आप सीमाबद्ध कैसे बने हुए हैं? आप वासना और तृष्णा के बन्धनों से ऊँचे क्यों नहीं उठ सके? देवता ने आपकी ...
- आप खाएँगे नहीं?...? हाँ, हम नहीं खाएँगे। तो आप छुआछूत मानते हैं? नहीं बेटे! हम छुआछूत नहीं मानते, पर खाएँगे नहीं। अच्छा,...
- आप खाना कितनी बार खाते हैं?...? गुरुजी! खाना तो हम दो बार खाते हैं। एक दोपहर को और एक शाम को। बीच-बीच में तो वैसे ही कुछ खा लेते...
- आप खुदाबन्द को याद करते हैं, तो भीख क्यों माँगते हैं?...? आप दो घण्टे भजन कीजिए और छह घण्टे श्रम कीजिए, मेहनत कीजिए और हाथ-पाँव से परिश्रम करके रोटी कमाइए। मेहन...
- आप खुलकर के कहते क्यों नहीं?...? आपके पास धन कहाँ से आता है? उनने कहा कि मेरे पास भगवान से आता है। आप भगवान से ले सकते हैं? मैं भगवान...
- आप खुलकर के क्यों नहीं कहते?...? आपके पास धन कहाँ से आता है? उनने कहा कि मेरे पास धन भगवान से आता है। आप भगवान से ले सकते हैं? मैं भग...
- आप खुशी क्यों नहीं दे सकते, अपनी मुट्ठी में क्यों खुशी नहीं रख सकते?...? दूसरों के हाथ में क्यों बेच देते हैं। बेटा आपका सुपात्र बनेगा, आपका आज्ञाकारी होगा, तब आप खुश होंगे।...
- आप खुशी क्यों नहीं ले सकते?...? आप अपनी मुट्ठी में खुशी क्यों नहीं रखते, दूसरों के हाथ में क्यों बेच देते हैं? आपका बेटा यदि सुपात्र...
- आप खेत में घोड़ा घुमाते हैं, इसका क्या मतलब है?...? महाराज ने कहा, हमने शिकार मारा था, जो घायल होकर यहाँ छिप गया। कहाँ छिप गया? झाड़ी में। अब हम इस चक्क...
- आप खेत में घोड़ा घुमाते हैं, इसका क्या मतलब है?...? महाराज ने कहा, हमने शिकार मारा था, जो घायल होकर यहाँ छिप गया। कहाँ लिया गया? झाड़ी में। अब हम इस चक्...
- आप गंगाजी का पानी निहारना चाहें, सड़क पर चलना चाहें, बादलों को निहारना चाहें, तो आपको कौन रोक सकता है?...? आप किसी के काम आएँ, किसी से मीठे वचन बोलें, चिड़ियों को दाना डाल दें, तो आपको कौन रोक सकता है? यह स...
- आप गन्दगी बटोरने का काम क्यों पसन्द करें?...? उसे दूसरों के लिए छोड़िए। आप तो इत्र छिड़कने के काम को ग्रहण कीजिए। समाज में मरे हुए पशुओं के चमड़े उधे...
- आप गरीब कैसे हो सकते हैं?...? आप तो हमारे मित्र हैं, आइए पास बैठिए। राजा साहब ने उन्हें पास बिठा लिया और कहा—आप अच्छे तो हैं? कोई ...
- आप गरीब थे?...? नहीं बेटे! हम गरीब नहीं थे। हमारे पास बहुत पैसा था। हमारे पिताजी दो सौ बीघे जमीन छोड़कर मरे थे। उससे...
- आप गरीब हैं तो क्या और अमीर हैं तो क्या?...? आप गेहूँ की खाते होंगे, जौ की खाते होंगे, बाजरा की खाते होंगे। किसी की न किसी की जरूर खाते होंगे। तन...
- आप गरीब हैं तो क्या, छोटे हैं तो क्या और अमीर हैं तो क्या?...? पसीना किसने लगाया-बहाया, हमको श्रेय पसीने को देना है। हम सम्मान पसीने को देना चाहते हैं, श्रम को द...
- आप गलने की हिम्मत नहीं करेंगे, बीज को जिन्दगी भर अपनी पोटली में रखे रहेंगे और यह अपेक्षा करते रहेंगे कि जमीन हमारे खेत लहलहा दे और हमको नहीं गलना पड़े, ऐसा कहीं हुआ है क्या?...? ऐसा नहीं होगा। आपको गलना पड़ेगा। अगर आप नहीं गलेंगे, तब आप भगवान से क्या उम्मीद करेंगे?आपने सुना है न...
- आप गायत्री उपासना में ही लगे हुए हैं लेकिन आप यह भूल जाते हैं कि गायत्री किसके कन्धे पर सवार होती है और कौन गायत्री को अपने इशारे पर नचाये फिरता है, आप गायत्री माता की जिस तस्वीर का ध्यान करते हैं, उस तस्वीर में उसका वाहन देखा है ना आपने?...? उस वाहन का नाम है—हँस। हँस किसे कहते हैं? हँस के ऊपर गायत्री माता सवारी करती है, यह बात शायद आपकी सम...
- आप गायत्री मंत्र की माला कब से घुमा रहे हैं?...? अरे साहब, बहुत दिन हो गए। आपको-छह वर्ष, आपको-ग्यारह वर्ष, आपको-तीस वर्ष हो गए पर आपको क्या मिला? महा...
- आप गायत्री मंत्र को फैलाने के लिए क्या प्रयास करते हैं?...? बेटे, हम यह देखते हैं कि सवेरे जब सूरज निकलता है, तो आपने भी देखा होगा कि प्रत्येक जाग्रत् आत्मा अपन...
- आप गायत्री मन्त्र की माला कब से घुमा रहे हैं?...? अरे साहब, बहुत दिन हो गए। आपको छह वर्ष, आपको ग्यारह वर्ष, आपको तीस वर्ष हो गये, पर आपको क्या मिला? म...
- आप गायत्री माता के भक्त तो हैं, लेकिन गायत्री माता के अंग नहीं बन पाए कि गायत्री माता हमसे क्या चाहती हैं?...? हमसे क्या अपेक्षा है? हमसे जो अपेक्षा है, इस लायक हम बने कि नहीं बने?
यदि आप बन गए, तो सही अर्थों...
- आप गुफा में जाएँगे?...? भाड़ में जाएँगे। आश्रम में जाएँगे? हम कहते हैं कि इससे बड़ा आश्रम कहाँ है, जिसमें आपकी माँ रहती है, ...
- आप गुरु का मंत्र कहेंगे तो आप विश्वास बढ़ा देंगे, इसलिए कान में कहते हैं?...? राम नाम कहते हैं। राम नाम से पार निकल जाते हैं। एक मौलवी साहब थे। कहीं और रहते थे। मुसलमानों ने कहा—...
- आप गुरु किसे कहते हैं?...? नहीं साहब! गुरु उसे कहते हैं, जो शिष्य पर कृपा करके बेटा-बेटी पैदा करा देता है। लोगों की तरक्की ...
- आप गुरुजी से सहमत हैं?...? हाँ साहब सहमत हैं। हम तो खुद पढ़ते हैं और दूसरों को पढ़ाते हैं। अच्छा तो यह हम गुरुजी का सन्देश लेकर ...
- आप गूँगे हैं?...? गूँगे तो नहीं हैं, पर आपकी भाषा हम नहीं जानते-समझते। हम एक-दूसरे की भाषाएँ नहीं जानते। सारे मनुष्य ज...
- आप घटिया रहें तो रहें, परन्तु देवताओं को ऐसा क्यों बनाते हैं?...? देवताओं की क्यों मिट्टीपलीद करते हैं। देवताओं की दुर्गति करने पर क्यों उतारू हो गए हैं? आप माँस खाएँ...
- आप घर पर हमारा ऑपरेशन नहीं करेंगे?...? नहीं बेटे तो मैं अपने आप अपना पेट चाकू से फाड़ लूँ और सुई से अपने आप ही सिलाई कर लूँ। अपने आप ही ...
- आप घाटे में चले गए होंगे?...? नहीं, बेटे! हम घाटे में नहीं गए, वरन नफे में आ गए, क्योंकि हमें बहुत दिनों से मालूम है कि भगवान के क...
- आप घाटे में नहीं रहे?...? नहीं, हमने अपना पुण्य-तप लोगों को बाँटते रहे हैं। किसी तरह यह घाटे का सौदा नहीं है।हम तो हमेशा यह बा...
- आप घाटे में रहते होंगे?...? आप क्या बात करते हैं? आप हमारी चिट्ठियों को देख लेना, कितनी आती हैं। हमने ईमानदारी के साथ लोगों के क...
- आप चट्टान के तरीके से बने रहें तो मैं क्या सेवा कर सकता हूँ?...? क्या सहायता कर सकता हूँ?
मेरा खास मकसद
मित्रो! मैंने आपको इस ख्याल से बुलाया था कि अ...
- आप चमत्कृत होते हैं कि नहीं?...? भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के लिए आते हैं कि नहीं? ऐसी है साधना, जिसको मैंने किया। मैं चाहता...
- आप चमत्कृत होते हैं कि नहीं?...? भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के लिए आते हैं कि नहीं? ऐसी है साधना, जिसको मैंने किया। मैं चाहता...
- आप चलते हैं?...? हाँ साहब! अब आप अवतार लेंगे? हाँ साहब! अवतार लेंगे तो आप अकेले काम नहीं कर सकेंगे? अकेला काम क्यों न...
- आप चलते हैं?...? हाँ साहब! अब आप अवतार लेंगे? हाँ साहब! अवतार लेंगे। तो आप अकेले काम नहीं कर सकेंगे? अकेला काम क्यों ...
- आप चाय की पार्टी में सारा धन खर्च कर देते हैं क्या?...? नहीं साहब! नहीं खर्च करते। तो क्या लड़की की शादी में सारा धन खर्च कर देते हैं? नहीं साहब! नहीं खर्च क...
- आप चावल नहीं खाली कर सकते तो हम क्यों आपके लिए खाली करेंगे?...? क्यों हम आपकी सहायता देंगे। उन्होंने चावल कि पोटली को उनके हाथ से छीन लिया और छीनने के बाद अपने पास ...
- आप चावल नहीं दे सकते, तो हम क्यों आपको कुछ देने लगें?...? उन्होंने चावल की पोटली को उनके हाथ से छीन लिया और छीनने के बाद में बस वही चावल बढ़ते हुए चले गये और च...
- आप चाहते हैं कि इस चक्र में से चमक पैदा कर दें, कैसे?...? जिस तरह से ब्याह-शादियों के दिनों में रात के समय बत्तियाँ जलती हैं, बार-बार जलती हैं, बुझती हैं और र...
- आप चाहें कि हम अपनी बीवी को डराएँ, धमकाएँ तो ये कैसे हो सकता हैं?...? इंसाफ को मानेंगे, आपको कतई नहीं मानेंगे। ये संघर्ष माता के विरुद्ध भी होना चाहिए और पिता के विरुद्ध ...
- आप चाहें तो इसका अनुभव करके स्वयं भी देख सकते हैं कि तपस्वी कितने समर्थ होते हैं, कितने शानदार होते हैं?...? आपको वैसा ही बनना चाहिए। आज की बात समाप्त।...
- आप चाहें तो हरिद्वार में भी करा सकते हैं, लेकिन वह स्थान कहाँ है?...? कैसे है? इसके बारे में हमें कुछ कहना नहीं है। लेकिन हमारा जो स्थान है, वह बहुत सुंदर स्थान है, यहाँ ...
- आप चाहें तो हरिद्वार में भी करा सकते हैं, लेकिन वह स्थान कहाँ है?...? कैसे हैं? इसके बारे में हमें कुछ कहना नहीं। लेकिन हमारा जो स्थान है वह बहुत सुन्दर स्थान है। यहाँ जो...
- आप चिन्तन को बदलिये, नहीं तो आप यहाँ किसलिए आए हैं?...? यहाँ भी नहीं करेंगे, तो क्या करेंगे? केवल मात्र चिन्ह-पूजा करते रहेंगे? टाइमपास करते रहेंगे? नहीं, ट...
- आप चौकी पर क्या कर रहे हैं?...? तरह-तरह की मूर्तियाँ—चार आने के हनुमान जी, छः आने के गणेश जी, ग्यारह आने के रामचन्द्र जी, ढाई आने ...
- आप छोटे आदमी हैं न?...? हर्ज की कोई बात नहीं है। छोटे आदमी होना कोई हर्ज की बात नहीं है। रात के तारे के तरीके से आप चमकिए। '...
- आप छोटे हैं तो क्या हुआ?...? आपको अपने हिस्से का काम करना है।क्या करना है? इस बार बारह वर्ष के लिए भगवान की यह प्रेरणा आई है कि इ...
- आप जगने की दलील घोल दीजिए, दो घण्टे हम जगेंगे, नौ बजे सोते हैं आज नौ बजे नहीं सोयेंगे ग्यारह बजे सोयेंगे, बाहर टहलते रहेंगे, चुप-चाप बैठे रहेंगे, रामायण पढ़ते रहेंगे, पर हम नींद से लड़ेंगे, क्यों?...? ये दण्ड, अपने आपको दण्ड देने की पद्धति भी आवश्यक है। इसके बिना सुधार होना भी सम्भव नहीं है, दण्ड की प...
- आप जन-जागरण के लिए खड़े हो जाइए, कार्यक्रम क्या करने पड़ेंगे?...? कार्यक्रम तो बहुत सरल हैं और हमने सबको बता दिये हैं। इस वक्त के लिए बस चार कार्यक्रम रखे हैं।नारी जा...
- आप जब इंजेक्शन की सुई लगाते हैं, तो क्या करते हैं?...? सुई लगाने से पहले आपका पहला कर्तव्य यह हो जाता है कि इसको बॉयल करें, गरम करें—उबालें और स्पिरिट से...
- आप जब लोगों को सिखाने जाएँगे, तो लोग यह पूछेंगे कि आप तो हमें प्यार, त्याग, श्रम, सेवा की बात बतला रहे हैं पर क्या आपने इसमें से कुछ ग्रहण किया है?...? अपने आप में धारण किया है? इसका जवाब दे देंगे, तो आपकी बात लाखों-करोड़ों आदमी मानेंगे। हमने जो लोगों ...
- आप जब वानप्रस्थ जीवन में प्रवेश करने के लिए चले हैं, तो आप पहला काम यह करना है कि आप पता लगाना कि आपकी न्यायोचित न्यूनतम आवश्यकताएँ क्या हैं?...? आप यह जान लें कि सन्त गरीबी का जीवन जीता है। सन्त का पहला काम गरीबी को मंजूर करना होता है, कंगाली ...
- आप जब से पैदा हुए हैं, पिता जी ने घर से निकाला तो नहीं?...? लेकिन उनके बाप ने घर से निकाल दिया था। रामचन्द्र जी को अपनी जिन्दगी में क्या से क्या नहीं बर्दाश्त...
- आप जरा कैलकुलेशन कीजिए की पाँच फुट छः इंच का इंसान आठ मील लम्बी मूँछों के जंगल में कहाँ ठहर सकता है?...? वह तो मूँछों के जंगल में ही घूमता रहेगा। पता ही नहीं चलेगा कि हनुमान जी कहाँ गये? ऐसे जबरदस्त आदमी थ...
- आप जरा मूल्यांकन करें कि एक दिन में, एक माह में और एक साल में यह कितना हो जाता है?...? यह गायत्री माता भी मत्स्यावतार की तरह से हमारे कमण्डलु में से बढ़ते-बढ़ते कहाँ तक पहुँच गयी है। हमने 2...
- आप जरूरत को क्यों भूल जाते हैं?...? खाद की जरूरत नहीं है? पानी की जरूरत नहीं है उनकी। रखवाली की जरूरत नहीं है उनकी। आप रखवाली नहीं करेंग...
- आप जरूरत को क्यों भूल जाते हैं?...? खाद की जरूरत नहीं है? पानी की जरूरत नहीं है? उनकी रखवाली की जरूरत नहीं है? उनकी रखवाली न करेंगे, खाद...
- आप जवानी में क्या अच्छाई पाते हैं और बुड्ढे में क्या खराबी पाते हैं?...? हमको तो बुढ़ापे में शान मालूम पड़ती है। अपने सफेद बाल हो गए हैं, भारी-भरकम हमारा स्तर हो गया है, समझ क...
- आप जहाँ थे, वहीं बने हुए हैं, आगे क्यों नहीं बढ़े?...? विद्या को आपने ऐसा कैसे समझ लिया? आपके मस्तिष्क की, आपके हृदय की ऊँचाई बढ़नी चाहिए और सेवा के लिए हम...
- आप जाइए देख आइए पर यह भी देखिए कि वहाँ संस्कृति है क्या?...? संस्कृति किसे कहते हैं? संस्कृति वह जिसे ग्रहण करने के बाद आदमी इनसान बन जाता है। इनसान के बाद महामा...
- आप जाग्रत आत्मा हैं - जाग्रत (आ) आत्माओं को, युग प्रहरियों को, युग को देखना पड़ेगा, युग की ज़रूरतें क्या हैं?...? युग की ज़रूरतें क्या हैं? आपकी इच्छा क्या है? अरे बाबा एक कोने में रखिए, आपकी इच्छा क्या है? हम कहते ...
- आप जानते नहीं है?...? श्रीकृष्ण भगवान भी इन परेशानियों से जूझते रहे। उनका भांजा अभिमन्यु मारा गया और क्या-क्या नहीं हुआ? म...
- आप जानते नहीं हैं क्या?...? एक बार देवताओं को जरूरत पड़ी थी और वे इनसानों की सहायता माँगने के लिए आए थे। उन्होंने दशरथ से कहा था ...
- आप जानते नहीं?...? विवेकानन्द के मरने के बाद भी ऐसा स्मारक लोगों ने कन्याकुमारी में बनाया। रॉक मेमोरियल। कभी आप देखें, ...
- आप जानते है क्या?...? ऐसी व्यवस्था सिर्फ भारतीय संस्कृति में है। अगले दिनों एक ऐसी व्यवस्था कायम करनी होगी, जो कि बहुत श...
- आप जानते हैं कि इससे पृथ्वी में क्या हो सकता है?...? यह पृथ्वी अपनी जिस कक्षा में घूम रही है, उस कक्षा को छोड़ देगी और कहीं ऐसी जगह घूमने लगेगी। इतनी ...
- आप जानते हैं गायत्री कहाँ रहती है?...? हाँ, महाराज जी आपने समझाकर तो भेजा है। एक हाथ में पानी का कमण्डलु लेती है। बेटे, हाथ में पानी का थर्...
- आप जानते हैं बिनोवा को?...? नहीं हम तो नहीं जानते। आपको मालूम है? नहीं, हमें तो नहीं मालूम। जिन दिनों सत्याग्रह में गाँधी जी ने...
- आप जानते हैं?...? अन्तर्मुखी जीवन को अध्यात्म कहते हैं। आप तो इसे समझते ही नहीं हैं कि अन्तर के जीवन को अध्यात्म कहत...
- आप जानते हैं?...? हाँ, एक दाद खा जाता है और वह दाद है—हमारी कामेन्द्रिय के ऊपर खुजली मचानेवाला। उसने हमारी जिन्दगी ...
- आप जानवरों को रोकेंगे नहीं?...? कृपा करके रोकिए, नहीं तो फिर यह हो जाएगा कि आप चाहे जितना पानी लगाते रहिए, खाद लगाते रहिए, बीज बोते ...
- आप जाने क्या कहते हैं?...? आपकी परिभाषा तो मेरी समझ में नहीं आती। आप तो इसे घर में भूत-पलीद आ जाए तो उसे भगाने का मंत्र कहते है...
- आप जामिया मिलिया कॉलेज में जाइए, अन्य स्कूल, कॉलजों में जाइए आपको प्रत्येक जगह वे सारे के सारे मुसलमानी लिबास में मिलेंगे, क्या वो पढ़े-लिखे नहीं है?...? क्या हिन्दुओं के लड़के पढ़े-लिखे हैं? क्या हिन्दुओं के लड़कों के दिमाग सातवें आसमान पर नहीं हैं? क्या ह...
- आप जिस दिशा में भी आगे बढ़ना चाहते हैं, उसमें सहायता करने वालों की दुनिया में कुछ कमी है क्या?...? विवेकानन्द की भी सहायता हुई।और किसकी सहायता हुई? सदन का नाम सुना है आपने कि वह कैसा आदमी था? कसाई का...
- आप जिस दिशा में भी आगे बढ़ना चाहते हैं, सहायता करने वालों की दुनिया में कमी है कुछ?...? हर दिशा में कमी कर सकते हैं। हर दिशा में सहायता कर सकते हैं। विवेकानन्द की भी सहायता हुई। और किसकी ब...
- आप जिस दिशा में भी आगे बढ़ना चाहते हैं, उसमें सहायता करने वालों की दुनिया में कुछ कमी है क्या?...? विवेकानन्द की भी सहायता हुई।
और किसकी सहायता हुई? सदन का नाम सुना है आपने, कि वह कैसा आदमी था? ...
- आप जिस पार्टी के मेम्बर अब तक रहे हैं, वह कौन-सी पार्टी है?...? आपको जरा बुरा लगेगा। वह दैैत्यों की और असुरों की पार्टी रही है। अब तक आपकी जानवरों की पार्टी रही है।...
- आप जीवन को देखिए, परखिए कि यह क्या चीज है?...? भगवान ने आपको ऐसी कीमती चीज दी है कि यदि आप उसका ठीक से उपयोग कर सकें तो आप इसी जिन्दगी में स्वार...
- आप जीवन में बहुत प्रसिद्ध और समृद्ध होना चाहते हैं?...? आप चाहते हैं कि आपके बहुत से चाहने वाले हों, तो निम्न पुस्तकें पढ़ें—
1. प्रसिद्धि और समृद्धि 2. म...
- आप जैसा चाहती हैं, उस तरीके से अगर मेरे जैसा बेटा न हुआ और कन्या हो गई तब?...? और अगर काना हो गया, अन्धा हो गया, तब? तब फिर आपका मनोरथ कैसे पूर्ण होगा? मैं तो बत्तीस साल का हूँ। बत...
- आप जैसी नारियाँ न होतीं, तो यहाँ धर्म कहाँ रह पाता?...? धन्य हैं आप और उनकी परिक्रमा करके कहा माता आप आज्ञा दें तो मैं कुछ सेवा कर दूँ। क्या? माँ मैं हूँ तो...
- आप जैसे बेवकूफों से जेब कटा लेंगी लक्ष्मी जी?...? क्या लक्ष्मी जी को अकल नहीं है? नहीं साहब! सड़ी सुपारी खिलाएँगे और दीपक जला देंगे और देवी की हजामत ...
- आप जो कमाकर लाए थे, उसमें से अपनी बीबी के लिए खरच किया कि नहीं?...? आपने माँ के लिए खरच किया कि नहीं किया? बच्चों के लिए खरच किया कि नहीं किया?
यह आध्यात्मिकता का स...
- आप जो कमाते हैं और उसे बढ़ाते हैं, लेकिन उसे खर्च कैसे किया जाय?...? किन मदों में किया जाय? किन मदों में खर्च को रोका जाय और किन मदों में खर्च बढ़ाया जाय? अर्थ सन्तुलन कैस...
- आप जो कमाते हैं, आखिर उसको खरच कहाँ करते हैं?...? आप यह जवाब दीजिए। साहब! खरच तो हम अपने लिए करते हैं, ऐयाशी के लिए करते हैं, बदमाशी के लिए करते हैं, ...
- आप जो कमाते हैं, मिल-जुलकर खाते हैं ना?...? हिल-मिलकर खाते हैं ना? कुटुम्ब न हो तब? तब मुश्किल है। हिल-मिलकर खाने का यह आध्यात्मिक साम्यवाद आप अ...
- आप जो कुछ बहुत देर से कह रहे हैं, वह हमारी समझ में कुछ नहीं आ रहा है और ये पण्डित जी जो बोलते हैं, वह भी समझ में नहीं आ रहा कि आप लोग क्या बोलते हैं?...? मैंने देखा कि पण्डित जो था वह समझदार था, उसने कहा-जो बात कहनी चाहिए वह हम संस्कृत में कह रहे हैं। आपक...
- आप जो कुछ भी धन कमाते हैं, उसे आप कहाँ खरच करते हैं?...? आपने कितना कमाया, उसकी प्रशंसा मैं नहीं करता। नहीं साहब! हम तो एक हजार रुपये कमाते हैं। बेटे! मैं उस...
- आप जो पानी पीते हैं, स्नान करते हैं, कपड़े धोते हैं, वह पानी कहाँ से आता है?...? बादलों से आता है। बादल कहाँ से आते हैं? समुद्र से। समुद्र का दिया हुआ पानी आप पीते हैं, परन्तु समुद...
- आप जो पुरुषार्थ से कमाते हैं उसमें सन्तोष कर सकते हैं अथवा कम में काम चला सकते हैं आप अपनी हवस और अपनी ख्वाहिशें, तमन्नाएँ और इच्छाएँ अपनी महत्त्वाकांक्षाओं को पूरा करने के लिए क्या भगवान को दबोचेंगे, भगवान को मजबूर करेंगे क्या?...? क्या वह कर्तव्य की बात को छोड़ दें और आपके लिए पक्षपात करने लगें और कर्मफल की महत्ता का परित्याग कर द...
- आप जो पैसा कमाते हैं, उसमें किफायत करके बचत करना चाहते हैं न?...? तो हम आपसे एक बात कहना चाहते हैं कि कुटुँब को नए सिरे से देखिए। उन पर नए सिरे से गौर करना, विचार करन...
- आप जो मनोकामना लेकर के यहाँ आए थे, चाहे वह गुब्बारा माँगने के लिए ही क्यों न आए हों?...? टॉफी माँगने के लिए क्यों न आए हों? लेमन-चूस माँगने के लिए क्यों न आए हों? चुसकी माँगने के लिए क्यों ...
- आप जो हमको रात को सिखाते हैं, प्रातः को सिखाते हैं, वह क्या है?...? बेटे, हम आपको तीसरा नेत्र खोलने के लिए, दिव्यदृष्टि जगाने के लिए सिखाते हैं। तो महाराज जी! आप जो ह...
- आप जो हमारा तीसरा नेत्र खुलवाएँगे, तो क्या वह ऐसा ही खुलेगा?...? और जैसे ही खुला और हमने आपको देखा, तब क्या होगा? बेटे जब तू हमारी तरफ देखेगा, तो हमारा सफाया हो जा...
- आप ज्यादा कीमत क्यों चुकाएँगे?...? आपने तो एक गलती कर डाली है। आपने भजन का एक हिस्सा पकड़ लिया है। ईश्वरप्राप्ति के एक हिस्से में वह भी...
- आप ज्यादा कीमत क्यों चुकाएँगे?...? आपने तो एक गलती कर डाली है। आपने भजन का एक हिस्सा पकड़ लिया है। ईश्वरप्राप्ति के एक हिस्से में वह भी ...
- आप टेक्नीक के खिलाफ हैं?...? आप बताइये न मुझे, भला मैं इस टेक्नीक के खिलाफ कैसे हो सकता हूँ। जो आदमी टेक्नीक के लिए अपनी जिन्दगी ...
- आप ठीक हो जाते हैं?...? नहीं, आप तब तक ठीक नहीं हो सकते, जब तक पेट ठीक नहीं करेंगे। टाइमली रिलीफ हम देते हैं पर ताकत तो ठीक ...
- आप तीन गज कपड़ा पहनते हैं न - इसकी कितनी कीमत होती है?...? महीने भर में, महीने भर में कितना खर्च करते हैं? आपके व्यक्तिगत खर्च और आवश्यकताएँ बहुत कम हैं, आप फि...
- आप तीन गज कपड़ा पहनते हैं ना?...? इसकी कितनी कीमत होती है? महीने भर में कितना खर्च करते हैं? आपके व्यक्तिगत खर्च और आवश्यकताएँ बहुत कम...
- आप तो अध्यात्म की बात कह रहे थे, तो मैं आप से क्या कहूँ?...? अध्यात्म का प्रयोग करने के हजारों तरीके हैं। उनमें से सबसे सरल, सबसे बेहतरीन तरीका यह है—जिसको हम पर...
- आप तो आम बनाते थे, रुपया बनाते थे, दूध बनाते थे?...? अरे साहब! हम कैसे रुपया, आम और दूध बना सकते हैं, यह सब तो बाजीगरी है। नहीं तो हम 5-5 पैसे क्यों माँग...
- आप तो उसी रास्ते से जाएँगे?...? उन्होंने कहा—हाँ, उसी रास्ते जाएँगे। अच्छा जब आपकी विष्णु भगवान से मुलाकात हो जाय और जब आप खबर ले आए...
- आप तो ऊपर बैठे रहते हैं?...? हम बैठे ही नहीं रहते, टहलते भी रहते हैं। बैठे रहेंगे तो बीमार हो जाएँगे। स्वास्थ्य सम्वर्द्धन के लिए ...
- आप तो कर्मकाण्ड करते रहते हैं और ये विचार तक नहीं करते कि क्यों करते रहते हैं?...? वेदान्त का, फिलॉसफी का पहला वाला सूत्र है, क्या सूत्र है? ब्रह्म-जिज्ञासा। पहला काम ये है कि आप जानि...
- आप तो कर्मकाण्ड करते रहते हैं और ये विचार तक नहीं करते कि क्यों करते रहते हैं?...? वेदान्त का, फिलॉसफी का पहला वाला सूत्र है, क्या सूत्र है? ब्रह्म-जिज्ञासा। पहला काम ये है कि आप जानि...
- आप तो कर्मकाण्ड करते रहते हैं और ये विचार तक नहीं करते कि क्यों करते हैं?...? वेदान्त का, फिलॉसफी का पहला वाला सूत्र है, क्या सूत्र है? ब्रह्म-जिज्ञासा। पहला काम ये है कि आप जानि...
- आप तो कहते थे कि हम पण्डित हैं?...? पण्डित तो हैं, परन्तु जाति से हम धोबी हैं। धोबी कैसे हैं? धुलाई करना हमारा काम है। कपड़े धोना भी हमा...
- आप तो केवल शब्दों का उच्चारण करते हैं और अपनी जिन्दगी में उन तत्त्वों का समावेश नहीं करना चाहते तो फिर रामचंद्र जी आपका चन्दन लगाने के लिए कैसे आ सकते हैं?...? आप अपनी जिन्दगी की बात को क्यों नहीं कहते? नहीं साहब! हम तो शब्दों की बात कहते हैं। शब्द काफी नहीं हो...
- आप तो गरीब आदमी हैं?...? हाँ, हम गरीब हैं, लेकिन तुझ जैसे घटिया नहीं हैं, जो दो पैसे में ईमान बेचता फिरता है। हम अपनी जगह पर ...
- आप तो गरीब के गरीब ही रहने वाले थे और गरीब ही रहने वाले हैं, क्यों?...? क्योंकि आदमी को सम्पन्न बनने के लिए तो अनेक साधन चाहिए, साधन तो कुछ भी नहीं, फिर सम्पन्न कैसे बनेंगे...
- आप तो गरीब हैं नहीं?...? गरीब तो नहीं हैं गुरुजी। इसमें कुछ तो है ही। ये तो प्रोटीन युक्त प्रोटीन्यूल है। दूध में मिलाकर खाते...
- आप तो गो-रक्षक है?...? बिलकुल। कितनी जिन्दगी खतम हो गई आपकी? साहब चालीस साल। बीस वर्ष की उम्र से हम गोरक्षा का काम करते आ रह...
- आप तो गो-रक्षक हैं?...? बिलकुल। कितनी जिन्दगी खतम हो गई आपकी? साहब चालीस साल। बीस वर्ष की उम्र से हम गोरक्षा का काम करते आ रह...
- आप तो डाल-डाल और पात-पात पर घूमते रहे?...? आज हनुमान जी के पास चलिए, शायद कुछ हनुमान जी से ही मिल जाए। कल शंकर जी के द्वारे चलिए, हो सकता है शं...
- आप तो दे सकते हैं?...? कैसे दें, लेगा कहाँ? आशीर्वाद को लेने के लिए ताकत चाहिए। हजम करने के लिए शक्ति चाहिए, उसको धारण करने...
- आप तो पक्षी नहीं हैं?...? नहीं साहब! आदमी हैं। आप बातचीत तो कर सकते हैं? हाँ साहब! कर सकते हैं। आपके दो हाथ और दो पैर हैं, पर ...
- आप तो पक्षी नहीं हैं?...? नहीं साहब! आदमी हैं। आप बातचीत तो कर सकते हैं? हाँ साहब! कर सकते हैं। आपके दो हाथ और दो पैर हैं, पर ...
- आप तो परिवार शिविर लगा रहे थे?...? हाँ भाई साहब! परिवार शिविर से मेरा मतलब यही था कि आप परिवार के माध्यम से, परिवार की सहायता से, परिवा...
- आप तो प्रतीकों के पीछे पागल हो गए हैं और आप तो कर्मकाण्ड को न जाने क्या समझ बैठे हैं?...? और श्रद्धा जो प्राण थी, उसको आपने ध्यान भी नहीं दिया; उसको आप समझना भी नहीं चाहते; उसको आप सुनना भी ...
- आप तो फिर कमजोर हो जाएँगे?...? नहीं, बेटे! हम कमजोर नहीं होंगे। मान लीजिए, अगर हम कमजोर हो गये, तो भी हमारे जो बच्चे होने वाले है...
- आप तो बढ़ई हैं?...? नहीं बेटा, तुझसे समझने में गलती हुई है। तो कौन हैं आप? आपकी बिरादरी क्या है?
हम तो धोबी और भ...
- आप तो बेकार आदमी हो, बार-बार बच्चों की तरह मनोकामना, मनोकामना माँगते रहते हैं?...? यहाँ तो आप बड़ों की तरह रवैया अख्यियार कीजिए। बच्चे ही बने रहेंगे जिन्दगी भर बड़े भी होंगे! अगर यहाँ आ...
- आप तो भगवान के बात बताइए?...? कैसे बताऊँ भगवान की बातें, ब्रह्म की बातें ऋषियों ने सही कहा है कि इसका वर्णन हम नहीं कर सकते। हम बत...
- आप तो लालची आदमी हैं?...? लालची आदमी हमेशा कमाने की बात सोचते हैं। हम आपकी अपेक्षा बहादुर आदमी हैं और हम यह जोखिम उठाते हैं। द...
- आप तो विरासत में क्या छोड़कर जाएँगे?...? बेटे के लिए मकान बनाकर जाएँगे। बेटे के लिए मकान जरूरी नहीं है। फिर क्या जरूरी है? आप बेटे के लिए य...
- आप तो सबको बेटा देते हैं?...? हाँ बेटे, हमारी पेटी में बहुत-सी चीजें हैं। ये देख टॉफी है, ये लेमनचूस हैं। ये नौकरी में तरक्की ...
- आप तो सबको बेटा देते हैं?...? हाँ बेटे, हमारी पेटी में बहुत सी चीजें हैं। ये देख टॉफी है, ये लेमनचूस है। ये नौकरी में तरक्की है। य...
- आप तो समझते ही नहीं हैं, मैं क्या करूँ?...? आपके लिए? पूजा तक सीमित रहते हैं और पूजा को अभी तक समझ नहीं पाये, जिसका अर्थ होता है—शिक्षण; मस्तिष्...
- आप तो सिखा दीजिए?...? बेटे! हम कब मना करते हैं, लेकिन बात वहीं आकर अटक जाती है, आपके स्तर पर। आपके जीवन का जो स्तर है,...
- आप तो सिद्धान्तों का प्रतिपादन कर रहे हैं, देवी-देवताओं की बात नहीं करते?...? क्या देवी-देवता फायदा नहीं कराते? हाँ बेटे, देवी-देवता फायदा कराते हैं, लेकिन वे देवी-देवता सिद्धान्...
- आप तो सिर्फ एक बात सोचें कि अधिकाधिक श्रम व समर्पण करने में एक दूसरे में कौन अग्रणी रहा?...? साधन, योग्यता, शिक्षा आदि की दृष्टि से हनुमान् उस समुदाय में अकिंचन थे। उनका भूतकाल भगोड़े सुग्रीव...
- आप तो सिर्फ एक बात सोचें कि अधिकाधिक श्रम व समर्पण करने में एक दूसरे में कौन अग्रणी रहा?...? साधन, योग्यता, शिक्षा आदि की दृष्टि से हनुमान उस समुदाय में अकिंचन थे। उनका भूतकाल भगोड़े सुग्रीव की...
- आप तो सिर्फ एक बात सोचें कि अधिकाधिक श्रम व समर्पण करने में एक दूसरे में कौन अग्रणी रहा?...? साधन, योग्यता, शिक्षा आदि की दृष्टि से हनुमान् उस समुदाय में अकिंचन थे। उनका भूतकाल भगोड़े सुग्रीव क...
- आप तो सिर्फ एक बात सोचें कि अधिकाधिक श्रम व समर्पण करने में एक दूसरे में कौन अग्रणी रहा?...? साधन, योग्यता, शिक्षा आदि की दृष्टि से हनुमान् उस समुदाय में अकिंचन थे। उनका भूतकाल भगोड़े सुग्रीव क...
- आप तो सिर्फ ये विचार किया कीजिए, हम पिछले दिनों क्या भूल करते रहे?...? रास्ता भटक तो नहीं गये, भूल तो नहीं गये, इसीलिये जन्म मिला था क्या? जिस काम के लिये जन्म मिला था, वह...
- आप तो हमारी इच्छा पूरी करने आये थे तो जो हमारी इच्छाएँ हैं, उन्हें आप पूरी कर देंगे?...? हाँ, आप बताइये, हम उन्हें पूरी करेंगे।सिकंदर ने फकीर से पूछा-कहिए आपकी आवश्यकताएँ क्या हैं? उसने कहा...
- आप तो हमारी पार्टी को वोट देंगे?...? हाँ, आपकी पार्टी को देंगे। कौन सी पार्टी है आपकी? आपने तो पहले ही कह दिया था कि कांग्रेस को वोट देंग...
- आप तो हमारी पार्टी को वोट देंगे?...? हाँ, आपकी पार्टी को देंगे। कौन सी पार्टी है आपकी? आपने तो पहले ही कह दिया था कि कांग्रेस को बोट देंग...
- आप तो हमारे गुरु हैं?...? नहीं, बेटे ! तू क्या जाने गुरु और चेला। तू बेकार में गुरु और चेला बकता फिरता है।...
- आप तो हमें इस समय की बात बताइये कि आप इस समय क्या हैं?...? इसलिए मित्रो! आप अपनी कमजोरियों को जाहिर न होने दें। आप श्रेष्ठ, समझदार और बलवान व्यक्ति हो करके व...
- आप तो हमेशा यही पूछते हैं कि शरीर से क्या करें?...? अच्छी तरह सोइए, उठिए, काम कीजिए और ईमानदारी से मेहनत कीजिए। नहीं साहब! शरीर से बताइए। आपको शरीर से क...
- आप तो हिमालय जाने वाले हैं?...? हाँ बेटे, जाने वाला हूँ। तो एक बार सुल्तानपुर और चलिए। दो बार तो हो आया। सौ आदमी तो आते नहीं हैं, मै...
- आप तो हिमालय जाने वाले हैं?...? हाँ बेटे, जाने वाला हूँ। तो एक बार सुल्तानपुर और चलिए। दो बार तो हो आया। सौ आदमी तो आते नहीं हैं, मै...
- आप त्याग नहीं करेंगे तो पा कैसे लेंगे?...? जो त्याग करना है, उसमें जप करना ही काफी नहीं है, जरूरी तो है, पर काफी नहीं। भगवान को चावल चढ़ा देना, ...
- आप त्याग नहीं करेंगे, बीज के तरीके से गलेंगे नहीं, तब तक कैसे पा सकते हैं?...? त्याग करने के लिए जप करना जरूरी तो है; पर काफी नहीं है। उपासना करना, धूपबत्ती जला देना, आरती उतार दे...
- आप दयालबाग के म्यूजियम में जाइए और तलाश करके यह पता लगाइए कि आपका दयालबाग बनने वाला है, गुरुजी की समाधि बनने वाली है, वह कितनी बन गयी और कितनी बननी बाकी है?...? वह फट से आपको मॉडल दिखा देंगे। देखिए यहाँ तक तो बन चुकी है और इतनी बननी बाकी है। इसमें अमुक-अमुक चीज...
- आप दर-दर अलख जगाते फिरते हैं और मैं एक नरक का कीड़ा, नरक में ही रह जाऊँगा क्या?...? उन्होंने कहा, बस अब नहीं रहेगा। तूने अपने मन की मलीनता को निकाल दिया। तू धूल गया, तेरी जीवात्मा धुल ...
- आप दान के लिए मना कर रहे हैं?...? मना नहीं करता बेटे, मैं तो यह कहता हूँ कि दान देने के तरीके क्या होने चाहिए?
दान वह होना चाह...
- आप दिमाग से ठीक काम कर सकते हैं कि नहीं?...? जिम्मेदारियों का आप क्या करेंगे? आपकी परिस्थितियाँ बाधित होती हैं, तो आप अपने कर्तव्य पूरे कैसे करें...
- आप दुःखी क्यों बैठे हुए हैं?...? भगवान् ने कहा कि हम लोगों के पास आये थे और उन्हें कल्याण का रास्ता बताना चाहते थे। उन्हें सुख और ...
- आप दुनिया के इंटेलिजेन्सियों के पास कहीं चले जाइये और यह पता लगाकर आइये कि इस नाम के आदमी को आप जानते हैं क्या?...? दुनिया के हर कोने का हर आदमी यही कहेगा कि हम इस नाम के आदमी को जानते हैं।
शोहरत के बाद और कौन सी ब...
- आप दुश्मन पार्टी के तो नहीं है?...? नहीं साहब! ऐसा नहीं है। आपका जिससे झगड़ा है, उसकी मूँछें कितनी लम्बी हैं। मूँछ तो हमारे जैसी ही हैं। ...
- आप दूसरों के सम्मान की रक्षा करते हुए बात नहीं कर सकते?...? नहीं साहब! हम नाराज हैं और पुलिस वाले हैं। हम तो गालियाँ देंगे। भाई साहब! गालियाँ देकर के आप अपने वज...
- आप दूसरों को प्रोत्साहन नहीं दे सकते?...? आप क्या अच्छे परामर्श देने की स्थिति में नहीं हैं? क्या आप मुस्कान नहीं बाँट सकते? क्या आप मुहब्बत न...
- आप देंगे नहीं, तो ले कहाँ से लेंगे?...? इसलिए पहले आप देने की बात पर विचार कीजिए, परिशोधन की बात सोचिये, पवित्रता की बात सोचिये, अपने व्यक्त...
- आप देख नहीं रहे हैं क्या?...? गवर्नमेंट क्या-क्या कर रही है? मृत्यु टैक्स लगा रही है। सम्पत्ति टैक्स लगा रही है और दूसरे टैक्स लग...
- आप देख नहीं रहे हैं क्या?...? गवर्नमेंट क्या-क्या कर रही है? मृत्यु टैक्स लगा रही है; सम्पत्ति टैक्स लगा रही है और दूसरे टैक्स लगा ...
- आप देख नहीं रहे हैं?...? यहाँ जहाँ आप जिस कोठरी में रहते हैं, अथवा जिस वातावरण में रहते हैं, उसमें चारों ओर सन्त छाया हुआ है,...
- आप देखते नहीं किस तेजी के साथ इसका विस्तार बढ़ता हुआ चला जा रहा है?...? पहले हमारे 25 कुण्डीय 25 यज्ञ थे, पर अब यह मालूम पड़ता है कि इसके लिए प्रत्येक प्रांत कुश्ती लड़ रहा है...
- आप देखते नहीं हैं अपने शरीर को?...? हाथ कमाता रहता है, मुँह खाता रहता है, पेट हजम करता रहता है। हृदय में खून जाता रहता है और नाड़ियों ...
- आप देखते नहीं हैं?...? इसको हमने सींचा है, बढ़ाया है। हमारा परिवार किस तरह से जुड़ा है, आप देखते नहीं? माताजी आपकी माताजी ह...
- आप देखते रहना कि ये महन्त जी, पण्डित जी, बाबाजी कहते क्या हैं?...? ये रामायण भी कहते हैं, भागवत् भी कहते हैं, फिर आखिर में वहीं आ जाते हैं कि हमारी हिमायत करिये। साधन...
- आप देखिए कि यह किससे तबाह होता है?...? समस्याओं से? नहीं समस्याओं से तबाह नहीं होता। हमारी भीतर वाली कमजोरियों से, हमारे दिमाग की विकृतिय...
- आप देखिए न, पंजाब से आया आदमी कोई भिखारी मालूम पड़ता है क्या?...? सब मालदार हो गये और वे पैसे के मालिक बने बैठे हैं। सारे-के आदमी दुकान चला रहे हैं। आप सबको उनने चै...
- आप देखिये न जरा, दूसरे जानवरों को देखिये, कीड़े मकोड़ों को देखिये न, पशु पक्षियों को देखिये न, कैसी घिनौनी और कैसी गई बीती, और कैसी छोटी जिन्दगी व्यतीत करते हैं फिर आप, आप क्यों ऐसी जिन्दगी जीयेंगे?...? भगवान ने तो आपको राजकुमार बनाया है न, आपको बुद्धि दी है न, आपको वाणी दी है न, आपको हाथ-पाँव दिए हैं ...
- आप देखिये, चारों ओर वातावरण कैसा बना हुआ?...? जब आप लड़ाई न लड़ें और हिम्मत नहीं दिखाएँ और संघर्ष न करें? तपस्वी न हों तब? तब आप कदम-कदम पर असफल होत...
- आप देना नहीं चाहते क्या?...? आप दीजिए—अपना श्रम दीजिए समय दीजिए भावना दीजिए यही है आपके सामने आज के प्रज्ञावतार की अपील, युग के द...
- आप देना नहीं चाहते क्या?...? आप दीजिए, अपना श्रम दीजिए, समय दीजिए, भावना दीजिए, यही है आपके सामने आज के प्रज्ञावतार की अपील, युग ...
- आप देने वालों में सारा खर्च करते हैं क्या?...? हमने भी देने वालों में सारा खर्च नहीं किया है। कम खर्च किया है और हमारे पास जो बचा हुआ है, वह अभी भी...
- आप देवता को समझते क्या हैं?...? देवता को कबूतर समझ रखा है, जो दाना फैला दिया और चुपके-चुपके कबूतर आने लगे। बहेलिया रास्ते में छिपकर ...
- आप देशभक्त हैं— तो हिन्दुस्तान में छायी मुसीबतों और असुविधाओं से आपको पीड़ा होती है क्या?...? नहीं, साहब हमको क्या पीड़ा होगी। आप अपने घर में अपनी खुशहाली में हिस्सा बँटाते हैं? नहीं, साहब हम क्य...
- आप दोनों को लेबोरेट्री में भेज दीजिए और पता कीजिए कि कोयले में क्या फरक है और हीरे में क्या फरक है?...? दोनों के भीतर जो परमाणु हैं, उनमें कोई फरक नहीं है। दोनों बिलकुल एक चीज हैं। जैसे पत्थरों का कोयला ख...
- आप दोनों नहीं रहेंगे, तो किसके लिए आएँगे?...? हम तो यह समझते हैं कि आपके लिए और गुरुजी के लिए एक करोड़ व्यक्ति आएँगे। नहीं बेटे ! हमारे लिए और गुर...
- आप दोनों हथियार लेकर आ रहे हैं, कहीं बालि के भेजे हुए तो नहीं हैं?...? हम तो ब्राह्मण- पण्डित हैं। हमको मत मारना, और किसी को मारें। हम तो बहुत गरीब आदमी हैं। यह हनुमान जी...
- आप दोबारा मौका देंगे?...? बेटे! यह दोबारा नहीं मिल सकता। यह मौका, जिसमें आपको याद दिलाने के लिए बुलाया गया है, आप चाहें तो इस ...
- आप दोबारा मौका देंगे?...? बेटे! यह दोबारा नहीं मिल सकता। यह मौका, जिसमें आपको याद दिलाने के लिए बुलाया गया है, आप चाहें तो इस ...
- आप दौलत क्यों माँगेंगे और किस काम के लिए माँगेंगे?...? अरे साहब! हम मालदार बनना चाहते हैं, बड़े आदमी बनना चाहते हैं और अपनी हवस पूरी करना चाहते हैं।
...
- आप धोबी और भंगी कैसे हैं?...? बेटे, धोबी ऐसे हैं कि मैं कपड़े धोना चाहता हूँ और भंगी ऐसे हैं कि टट्टियाँ साफ करना चाहता हूँ। मेरा ...
- आप ध्यान में प्रकाश कैसे पैदा करेंगे?...? आप बताइए मुझे, आपके अन्दर घी पहुँचता नहीं है, तेल पहुँचता नहीं है, शक्ति पहुँचती नहीं है। दिमाग खाली ...
- आप न जाने क्या-क्या ख्वाब सँजो करके रखते हैं?...? मित्रो! प्रत्येक क्रिया के पीछे शिक्षण है। प्रत्येक क्रिया के पीछे प्रेरणा है, प्रत्येक क्रिया के पी...
- आप नम्रता से बात नहीं कर सकते?...? आप दूसरों के सम्मान की रक्षा करते हुए बात नहीं कर सकते? नहीं साहब! हम नाराज हैं और पुलिस वाले हैं। ह...
- आप नर-पशु के कलेवर में से निकल जाएँ?...? नर-कीट के कलेवर में से निकल जाएँ और ऐसे कलेवर में रहें, जिसको देवता कहते हैं। आप देवता के तरीके से ज...
- आप नशेबाज होइए, फिर आप देखिए आपका मन कैसा चंचल हो जाता है?...? आपको मन स्थिर करना कैसा कठिन पड़ जाएगा! मन अपने आपे में नहीं है। ईंधन नीचे डालते हैं तब भगोने के पानी...
- आप नहीं कमा सकते?...? अच्छा, हमसे उधार ले जाइये। हम आपको उधार दे सकते हैं, कर्ज दे सकते हैं। फोकट में नहीं बेटे! फोकट नाम ...
- आप नहीं कमायें और आपकी लॉटरी खुलवा दें, तो आपको कोई ऐतराज तो नहीं है?...? नहीं साहब! हमें कमाई से कुछ मतलब नहीं है। आप तो हमें पैसा दिलवा दीजिए, चाहे लॉटरी से दिलवा दीजिए। अच...
- आप नहीं करेंगे तब?...? रानी मक्खी शहद के छत्ते में बच्चे दिया करती है, लेकिन वह अकेले ही सब काम थोड़े ही कर लेती है? बाकी मक...
- आप नहीं कुछ देंगे?...? नहीं, दीजिए। आपसे हमारी ये प्रार्थना है, जैसे हमारे गुरु ने हमसे कहा था—दीजिए, बोइए। हमने अपना श्रम ...
- आप नहीं जानते कि ये कौन थे?...? आपको नहीं मालूम है, परन्तु हमें मालूम है कि ये कौन थे? यह लड़का जो अभी-अभी नहाकर गया है, इसका नाम था ...
- आप नहीं जानते कि ये कौन थे?...? आपको नहीं मालूम है, परन्तु हमें मालूम है कि ये कौन थे? यह लड़का जो अभी-अभी नहाकर गया है, उसका नाम था श...
- आप नहीं जानते हैं कि हमारे पीछे कौन भी शक्ति है?...? आपको मालूम नहीं है कि हमारा कोई काम, कोई संकल्प अधूरा नहीं रहा है। हमारी श्रद्धा ने उन्हें जकड़ रखा ह...
- आप नहीं जानते, आपके और मेरे सम्बन्ध क्या हैं?...? आप मेरे साथ अनेक जन्मों से जुड़े हुए हैं।
मैं अपनी बात कह सकता हूँ कि मैं किस-किस जन्म में आपका ...
- आप नहीं थे क्या?...? कौम से तो ब्राह्मण थे; एक सनाढ्य ब्राह्मण के घर में जन्म हुआ है हमारा; पर कोई भी आदमी जन्म से ब्राह्...
- आप नहीं समझते कि आपके और हमारे बीच में जो मुहब्बत है, इसका कारण क्या हो सकता है?...? आप यह समझते हैं कि आपने हमारे अखबार और किताबें पढ़ी हैं, इसलिए हमारे और आपके बीच में प्यार-मुहब्बत ह...
- आप नागरिक कहीं के हों, देश की स्थिति से ‘सिटीजन’ कहीं के हों, मैं क्या कहूँ आप से?...? आप तो भारतीय संस्कृति के पुत्र हैं और आप वही रहेंगे। आपकी नसों में ऋषियों का खून है, जो कि ज्यों क...
- आप निकाल सकते हैं?...? कैसे निकाली ब्रह्माजी ने? निकालने का तरीका तो हमको मालूम नहीं है, आपके पास कोई तरीका हो तो बताइये? ज...
- आप निशाना नहीं लगा सकते?...? नहीं साहब! हम तो लगाएँगे, तो लगाकर दिखाइए। निशाना लगाया, पर लगा नहीं। जब आपको सारी मछली दिखाई पड़ती ...
- आप नीबू का आचार भी खाते थे, पापड़ भी खाते थे, चटनी भी खाते थे, जाने क्या-क्या खाते थे?...? हमने आपको दबोच दिया, कहा—यह नहीं चल सकता। यह खाना पड़ेगा व अपने पर अंकुश लगाना पड़ेगा। टाइम का आपका को...
- आप ने पूजा-पाठ छोड़ दिया?...? नहीं, हमने कुछ नहीं छोड़ा; क्योंकि फर्ज एकांगी होते हैं। आपकी पत्नी कैसी है? बड़े कड़ुए स्वभाव की है...
- आप नॉन वेजिटेरियन हैं या वेजिटेरियन?...? वेजिटेरियन लोगों ने भगवान जी को वेजिटेरियन बना लिया है और नॉन वेजिटेरियन ने भगवान जी को नॉन वेजिटेरि...
- आप पढ़ते हैं, समझते हैं आपको मालूम है कि कैसा समय गुजर रहा है?...? तो इस समय में, हम क्या कर सकते हैं, वह सारा का सारा उनके दिमाग में एक नक्शे की तरह से है।
जो दिन...
- आप पता क्यों नहीं लगाते?...? आप इनकार कर सकते हैं। हमने लोगों की नास्तिकता को आध्यात्मिकता की ओर मोड़ने की कोशिश की है और लोगों स...
- आप पता लगा लें कि किन-किन बच्चों के सिर पर चोटी है?...? आपको एक भी बच्चे के सिर पर चोटी दिखाई नहीं पड़ेगी, यही हाल जनेऊ का है।दुनिया में कौन-कौन से रिवाज चले...
- आप पता लगा लें कि किन-किन बच्चों के सिर पर चोटी हैं?...? आपको एक भी बच्चे के सिर पर चोटी दिखाई नहीं पड़ेगी, यही हाल जनेऊ का है।अगर हम जनेऊ का पता लगाने के लिए...
- आप पर कोई कृपा बरसेगी?...? मैं यकीन के साथ कहता हूँ कि वह एकदम से बन्द हो जाएगी।...
- आप परिवार से अलग हो सकते हैं?...? बेटे! हम परिवार से कभी भी अलग नहीं हुए हैं। वह परिवार जिसे आप वंश कहते हैं, उससे हमारा उतना मतलब नही...
- आप परिस्थितियों को समझते नहीं हैं, लेकिन हम समझते है कि आज का इनसान कहाँ जा पहुँचा है और जरा सी मुसीबत आने के बाद में इसका क्या हो सकता है?...? एक रास्ता वह है, जिसमें आदमी के उत्थान की गुंजाइश है। इसमें आदमी का स्वरूप बदल सकता है, भविष्य बदल स...
- आप परिस्थितियों को समझते नहीं हैं, लेकिन हम समझते हैं कि आज का इनसान कहाँ जा पहुँचा है और जरा सी मुसीबत आने के बाद में इसका क्या हो सकता है?...? एक रास्ता वह है, जिसमें आदमी के उत्थान की गुंजाइश है। इसमें आदमी का स्वरूप बदल सकता है, भविष्य बदल स...
- आप परेशान क्यों हैं?...? फिलहाल तो जाएगा नहीं, अगर चला भी जाएगा तो भी तेरी कमी पूरी हो जाएगी। हमने उसे गायत्री मंत्र के जप के...
- आप पहले क्या काम करते थे?...? मजदूरी का काम करते थे। फिर आपने मजदूर का काम किया की नहीं? साहब! हमारे बाप-दादे मुनीम का काम करते थे...
- आप पहले जन्म में कौन थे और कौन से महान कार्य करने में समर्थ थे?...? आप अपने आप को भूल गए। आप अपने आप को नहीं जान सकते, क्योंकि आपके ऊपर अज्ञान का आवरण इतना ज्यादा छाया ...
- आप पहले जन्म में कौन थे और क्या-क्या महान कार्य करने में समर्थ हो चुके थे?...? आप अपने को भूल गए हैं। आप नहीं जान सकते। क्यों? क्योंकि आपके ऊपर अज्ञान के आवरण इतने ज्यादा छा गए है...
- आप पहुँचा भी पकड़ लेंगे?...? हाँ बेटे, हम पहुँचा भी पकड़ लेंगे, उँगली रखने की जगह तो दें।
आप अपने घर में गायत्री माता को ज...
- आप पानी के बहाव में तिनके के तरीके से बहते चले जाएँ, भला ये भी कोई समझदारी है?...? आप हवा में उड़ते हुए पत्तों की तरीके से उड़ते हुए चले जाएँ भला ये भी कोई समझदारी हुई? आपको वजनदार हो...
- आप पुराने किस्से बताकर हमारे ऊपर रौबदारी क्यों करना चाहते हैं?...? आप तो हमें इस समय की बात बताइये कि आप इस समय क्या हैं?इसलिए मित्रो! आप अपनी कमजोरियों को जाहिर न ह...
- आप पूँजी कहाँ से लाएँगे, बताइये?...? श्रम की पूँजी आप कहाँ से लाएँगे? समय की पूँजी आप कहाँ से लाएँगे? साधनों की पूँजी आप आत्मा की उन्नत...
- आप पूँजी कहाँ से लाएँगे, बताइए?...? श्रम की पूँजी आप कहाँ से लाएँगे? समय की पूँजी आप कहाँ से लाएँगे? साधनों की पूँजी आप आत्मा की उन्नति ...
- आप पूछ सकते हैं कि क्यों गुरुजी हमें भी ऐसा गुरु मिल सकता है?...? हम कहते हैं कि आप में से हर एक आदमी को ऐसा गुरु मिल सकता है, परन्तु शर्त एक है-आपकी श्रद्धा। आप इसे न...
- आप पूछते हैं कि गुरुजी आपने कौन-सा बीजमंत्र लगाया है?...? हमने अपनी साधना में केवल सात्विक आहार का सेवन किया है। पूजा-उपासना के पहले, भजन के पहले हमें अपने ...
- आप पूछिए क्यों साहब इस नाम के व्यक्ति को आप जानते हैं?...? हमारा यश किसी सीमा में बँधा नहीं है, संप्रदाय में नहीं है, केवल हिन्दू धर्म में नहीं है, वरन् सारे व...
- आप पूछें-गुरुजी हमारे बीबी-बच्चों का क्या होगा?...? बेटे, उनकी जिम्मेदारी हमारी है। यदि वे बीमार रहते हैं तो हम उनकी बीमारियाँ दूर कर देंगे। व्यापार में...
- आप पूछेंगे कि तो फिर आपका धन चला गया होगा और आप गरीबी में दिन काट रहे होंगे?...? नहीं, हम गरीबी में दिन नहीं काटते। आप देखते नहीं, जहाँ हम रहते हैं कितने दामों की है। आपने शान्तिकुञ...
- आप पूजा के साथ कुछ सेवा भी करते हैं या नहीं करते?...? या यों ही फालतू बैठे रहते हैं? नहीं साहब! हम पूजा और सेवा दोनों करते हैं। हाँ भाई साहब! सेवा और ...
- आप पेट के लिए जियेंगे ना?...? पेट के अलावा भी कोई लक्ष्य है आपका क्या? पैसे के अलावा भी कुछ विचार कर सकते हैं क्या? पैसे के अलाव...
- आप पैसा कमा लें, दंद-फंद से या चाहे जैसे कमा लें; लेकिन पैसा क्या साथ जाएगा?...? पैसा साथ नहीं जाएगा।
वह पैसा आपका किसी अच्छे काम में लगे तो सार्थक है। जैसे गाँधी जी और जमनालाल ब...
- आप पैसा जरूर कमाइए, लेकिन पैसा कमाने से पहले यह विचार अवश्य कर लीजिए कि पैसा खर्च कहाँ होना है?...? अगर आपके पास गुजारे के लिए गुंजाइश है और आपके बाप-दादे इतना छोड़कर के गये हैं कि उससे आप अपने बच्चो...
- आप प्रकृति के मालिक हैं क्या?...? बुढ़ापे को जवानी में बदल सकते हैं क्या? न, मौत को जिन्दगी में बदल सकते हैं क्या, न। आदमी की सीमा है औ...
- आप प्रकृति के मालिक हैं क्या?...? बुढ़ापे को जवानी में बदल सकते हैं क्या? ना। मौत को जिन्दगी में बदल सकते हैं क्या? ना! आदमी की सीमा है...
- आप प्रयत्न कीजिए, तो फिर भाग्य ने किया क्या?...? नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा? नहीं हम आपकी सहायता करेंगे। मरीज को दवा खानी होती है और परहेज क...
- आप प्रसन्न नहीं हो सकते?...? आपके चेहरे पर मुस्कुराहट नहीं आ सकती? कि जो हमारी वर्तमान परिस्थितियाँ हैं, उसमें हमको प्रसन्न रहने ...
- आप प्रसन्न नहीं हो सकते?...? आपके चेहरे पर मुस्कराहट नहीं आ सकती कि जो हमारी वर्तमान परिस्थितियाँ हैं, उनमें हमको प्रसन्न रहने का...
- आप प्रसन्न नहीं हो सकते?...? आपके चेहरे पर मुस्कराहट नहीं आ सकती कि जो हमारी वर्तमान परिस्थितियाँ हैं, उनमें हमको प्रसन्न रहने का...
- आप प्रातःकाल उठा कीजिए और यह ध्यान किया कीजिए कि ‘हर दिन नया जन्म और हर दिन नई मौत' को आप प्रातःकाल से सायंकाल तक कैसे प्रयोग करेंगे?...? इसके लिए सुबह से ही उठकर टाइम टेबल बना लेना चाहिए कि आज आप क्या करेंगे, कैसे करेंगे और क्यों करेंगे?...
- आप फिर से कहने लगे?...? हाँ बेटे, मैं फिर से कहता हूँ कि गायत्री कामधेनु है और वह हरेक की हो सकती है। पर इसके लिए आदमी को अप...
- आप फोटो खींच लीजिए, दोनों एक-से ही मालूम पड़ेंगे तो फिर कौआ, कोयल कैसे हो जाता है?...? यहाँ आकृति बदलने की बात नहीं है, प्रकृति बदलने की ओर इशारा है।यह कायाकल्प का वर्णन है। गोस्वामी तुलस...
- आप बच्चों के अन्तरंग जीवन में घुले-मिले रहने से कितनी प्रसन्नता होती है, इसे शब्दों में कैसे व्यक्त करें?...? आप हमारे सगे बेटे की तरह हैं। यह सम्बन्ध अनेकों जन्मों की साधना द्वारा प्रगाढ़ किये हैं। आप अनेक जन्मां...
- आप बच्चों को वंश चलाने की आशा करते हैं?...? आप बच्चों को वंश चलाने योग्य क्यों नहीं बना देते? आप कीजिये। आप याचक मत बनिये। देने के लिये बहुत है,...
- आप बच्चों को वंश चलाने योग्य क्यों नहीं बना देते?...? आप] आप कीजिए। आप याचक मत बनिए। देने के लिए बहुत है आपके पास। ऋषियों के पास बहुत था। पैसा नहीं था। पै...
- आप बच्चों को वंश चलाने योग्य क्यों नहीं बना देते?...? आप कीजिये। आप याचक मत बनिये। देने के लिये बहुत है, आपके पास। ऋषियों के पास बहुत था; पैसा नहीं था; पै...
- आप बतलायें कि गुरुओं की खोज में लोग छुट्टी लेते हैं, मेडीकल लीव लेते हैं, घर-बार छोड़ते हैं, तब जाकर शायद किसी कोने में कोई सच्चा गुरु मिलता है, परन्तु आप तो स्वयं हमारे पास चले आये, यह क्या बात है?...? पूज्यवर ने बतलाया-बेटे धरती क्या बादलों के पास जाती है या बादल स्वयं आते हैं धरती पर? हमने कहा बाद...
- आप बता दीजिए कि हमारी जरूरतें क्या हैं?...? वह सिनेमा वाला भी आपको बता देगा कि रोटी, कपड़ा और मकान। बस इन्हीं तीन चीजों की आदमी को जरूरत है, और क...
- आप बता सकते हैं?...? आज आदमी क्यों दुखी है, आप बता सकते हैं? पुरानी परिस्थितियों से आज की परिस्थितियाँ सर्वथा भिन्न हैं। ...
- आप बता सकते हैं?...? सिर्फ एक ही वजह है। वो जामाता इस लायक है, इसके अन्दर इतनी पात्रता है कि इस लड़की का गुजारा कर सके। इस...
- आप बताइए कि भगवान ने क्या पूजा की और कौन-सा मंत्र जपा?...? बेटे! हमें नहीं मालूम, लेकिन हाँ, उन्होंने अपनी जिन्दगी के सारे सुखों को, संसार को, जाे उनके जीवन में...
- आप बताइए तो सही कि आपकी कौन भी पार्टी है?...? भाई! हम तो हैं हलधर-किसान पाटी के। ठीक है, आप भी हल चलाते हैं, हम भी हल चलाते हैं। आपको ही वोट देंगे...
- आप बताइए तो सही कि आपकी कौन सी पार्टी है?...? भाई! हम तो हैं हलधर—किसान पार्टी के। ठीक है, आप भी हल चलाते हैं, हम भी हल चलाते हैं। आपको ही वोट दें...
- आप बताइए हमको अब क्या करना है?...? कृष्ण ने कहा—सूक्ष्म दुर्योधन अभी नहीं मारा गया। सूक्ष्म कंस, सूक्ष्म जरासन्ध, सूक्ष्म शिशुपाल अभी न...
- आप बताइये कि गायत्री मंत्र के बारे में जो महत्ता और जो व्याख्यान बताया जाता है, ये कहाँ तक सही है?...? ’’ हमने वेदों के जो व्याख्यान किये हैं, पुराणों की मैंने जो पुस्तकें छापी हैं, असल में गायत्री मंत्र...
- आप बताइये कि रोटी खाते हैं कि नहीं खाते?...? हाँ साहब! रोटी तो खाते हैं, कपड़े पहनते हैं। रोटी खा लेते हैं, कपड़ा पहन लेते हैं, यही क्या कम है? ज...
- आप बताइये कैसे होगा?...? ’’ चाँदवानी जी ने कहा, ‘‘आपको यहीं बनाना है, तो आप हमें छः महीने का समय दीजिये, तब हम बना सकते हैं।’...
- आप बतौर जिन्दगी कितनी गिनते हैं?...? मेरा नापने का तरीका अगल है। मैं जिन्दगी को काम के हिसाब से गिनता हूँ।
अच्छा गुरुजी! यह बताइये कि आ...
- आप बना लेंगे?...? बेटे! कैसी बात करते हो। छोटी−छोटी शोधों में सारी जिन्दगी खतम हो जाती है। जो स्वत: अभूतपूर्व है, स...
- आप बनिये हैं तो इसका क्या मतलब हुआ?...? इसका मतलब है—छोटे। खबरदार! आइन्दा यह बात कही। आप ब्राह्मण हैं, तो रह सकते हैं। आप अध्यापक का काम कीज...
- आप बाजार से मिठाई लाए हैं न?...? हाँ साहब! तो आप क्या करना चाहते हैं! आप ही बैठकर खाएँगे? नहीं, यह मत कीजिए। हमारा कहना मानिए। इस मिठ...
- आप बात को क्यों नहीं समझते?...? मंत्र का विज्ञान
मित्रो! वास्तव में राम के नाम का महत्त्व है, गायत्री का महत्त्व है, हर चीज का ...
- आप बातचीत तो कर सकते हैं?...? हाँ साहब! कर सकते हैं। आपके दो हाथ और दो पैर हैं, पर उस गिद्ध के तो दो ही थे। बेटे ! जब बूढ़ा गिद्ध ...
- आप बातचीत तो कर सकते हैं?...? हाँ साहब! कर सकते हैं। आपके दो हाथ और दो पैर हैं, पर उस गिद्ध के तो दो ही थे। बेटे! जब बूढ़ा गिद्ध यु...
- आप बार बार क्यों आ जाते हैं?...? जब हमारी इच्छा होगी तब आ जाएँगे। नहीं बेटे, तेरी इच्छा से काम नहीं चलेगा। तू समझता नहीं है कि तू किस...
- आप बार-बार उसके यहाँ चक्कर काटते-फिरते हैं और वो भूत और प्रेत वहाँ बैठा हुआ था, बेचारा बीमार पड़ा हुआ था, जो दुःखी पड़ा हुआ था, पिछड़ा हुआ पड़ा था, जाल में पड़ा हुआ था, आप उसके यहाँ क्यों नहीं गये?...? शंकर भगवान की निशानी और शंकर भगवान के चिन्ह हमको ये बताते हैं कि भूत और प्रेत हमारे मित्र होने चाहिए...
- आप बार-बार कहते हैं न, नर और नारी को समानता का दर्जा मिलना चाहिए, इसका प्रयोग आप अपने घर में नहीं कर सकते?...? आप चाहें तो कर सकते हैं। आपकी घर की महिलाएँ भी ये अनुभव करें वो भी उसी तरीके की सम्मानित सदस्य हैं, ...
- आप बार-बार क्यों आ जाते हैं?...? जब हमारी इच्छा होगी तब आ जाएँगे। नहीं बेटे, तेरी इच्छा से काम नहीं चलेगा। तू समझता नहीं है कि तू किस...
- आप बार-बार क्यों पूछते हैं कि हमने कौन सा बीज मंत्र किया?...? कौन सा भजन किया? बेकार की बात मत कीजिए, मैं झल्ला पड़ूँगा। आप कौन सी माला जपते हैं? रुद्राक्ष की जपते...
- आप बालों में कंघी करेंगे क्या?...? अरे गुरुजी! हमको तो इतनी अकल ही नहीं है, हम क्या करेंगे? भेड़ों से पूछा—जैसे हमारे बच्चे बाल बना लेत...
- आप बाहर गये, लौटे, तो आये क्यों नहीं?...? मास्टर जी ने हाथ जोड़े और बोले,‘‘आचार्य जी, आपके पास बहुत कलायें हैं। मेरे पास तो एक ही कला है, वो भी...
- आप बिना बच्चों के जिन्दा नहीं रह सकते क्या?...? कम बच्चों से आपका गुजारा नहीं हो सकता? आपके जो कम बच्चे हैं, उनको आप क्या पर्याप्त नहीं मान सकते...
- आप बीज की तरह नहीं गल सकते?...? आप बीज की तरह गलेंगे, तो दरख्त की तरह फलेंगे। सुग्रीव ने भी यही किया था। आपका इष्ट सुग्रीव होना चाहि...
- आप बीबी से मुस्कान माँगते हैं?...? आप अपनी मुस्कान बीबी को क्यों नहीं दे सकते? आप बच्चों को वंश चलाने की आशा करते हैं? आप बच्चों को वंश...
- आप बुज़दिल क्यों होंगे?...? आप हमारी तरह से उदार होइए। हमारी तरह से पिघलने वालों में से रहिए, हमारी तरह से आप करुणामय रहिए और आप...
- आप बुद्धिजीवी न सही, राजनेता न सही, किसी देश के प्रधानमन्त्री न सही, उससे हमें क्या लेना-देना कलाकार आप नहीं हैं, आपकी वाणी में जोश-खरोश और दूसरी अन्य गायन सम्बन्धी विशेषताएँ नहीं हैं, तो न सही?...? आप सम्पन्न नहीं हैं, तो न सही, मरने दीजिए पैसे को, भावनाशील तो हैं आप। यह संसार की, सबसे बड़ी दौलत...
- आप बुराइयों को बरदाश्त करें?...? नहीं, यह तो मैं नहीं कहता कि बुराइयों को बरदाश्त करें। आप बुराइयों से संघर्ष जरूर कीजिए। फिर! संघर्ष...
- आप बैठी क्यों रहती हैं?...? सास को भी काम करना चाहिए। नहीं, हमारी बहू आ गई है, तो वह रोटी खाती है। आप रोटी क्यों खाती हैं? बेटे!...
- आप बैठी क्यों रहती हैं?...? सास को भी काम करना चाहिए। नहीं, हमारी बहू आ गई है, तो वह रोटी खाती है। आप रोटी क्यों खाती हैं? बेटे!...
- आप बैल के नाक में रस्सी नहीं डालें तब?...? हाथी के ऊपर अंकुश नहीं लगाएँ तब? तब फिर आप समझ लेना, ये जानवर आपके लिए बड़े खौफनाक साबित होंगे और आपक...
- आप ब्रह्मचारी हो सकते हैं?...? गृहस्थ होते हुए भी आप ब्रह्मचारी हो सकते हैं।
दूसरा पक्ष यह भी है कि आप गृहस्थ होते हुए भी दुराच...
- आप बड़प्पन चुनना चाहते हैं कि महानता?...? यह चुनने का समय है। दो कैण्डीडेट खड़े हुए हैं और दोनों आपसे वोट माँगते हैं। एक सम्पन्नता है, जो यह कहत...
- आप भगवान का अनुशासन मानते हैं कि नहीं?...? आप भगवान की इच्छानुसार चलते हैं कि नहीं? आप भगवान के बताए हुए इशारे और संकेत पर अपने कदम बढ़ाते हैं क...
- आप भगवान की इच्छानुसार चलते हैं कि नहीं?...? आप भगवान के बताए हुए इशारे और संकेत पर अपने कदम बढ़ाते हैं कि नहीं? एक ही प्रश्न है बस, और कोई प्रश्न...
- आप भगवान की कथाएँ तो सुनते हैं, पर गहरे में क्यों नहीं जाते?...? भगवान की सारी की सारी लीलाएँ कथा-गाथाएँ इस बात पर टिकी हुई हैं कि भगवान एक है। यह बात अलग है कि उसने...
- आप भगवान के बताए हुए इशारे और संकेत पर अपने कदम बढ़ाते हैं कि नहीं?...? एक ही प्रश्न है बस, और कोई प्रश्न नहीं है। आपका, आपका वो ख्याल ठीक नहीं है कि हम अपनी, भगवान को हम अ...
- आप भगवान के बारे क्या जानते हैं और आप हमें क्या बता सकते हैं?...? आप तो पागलों की भाँति कर रहे हैं। आपने गोबर के कमण्डलु में खीर डलवा दी। ये तो कुछ भी नहीं रहा। भगवान...
- आप भगवान के बारे में क्या जानते हैं और आप हमें क्या बता सकते हैं?...? आप तो पागलों की भाँति कर रहे हैं। आपने गोबर के कमण्डलु में खीर डलवा दी। ये तो कुछ भी नहीं रहा। भगवान...
- आप भगवान को क्यों मर्जी पर चलाएँगे?...? भगवान आपकी मर्जी पर क्यों चलने लगे? भगवान के भी कुछ नीति और नियम हैं, कुछ मर्यादा और कायदे हैं।...
- आप भगवान को जानते हैं?...? भगवान को पाने की बात तो बहुत दूर की है, आगे की बात है। आप भगवान को जानते हैं? आपने कहा—हम तो जानते ह...
- आप भगवान को न्यायाधीश क्यों कहते हैं?...? बेटे, मैं न्यायाधीश इसलिए कहता हूँ कि बिजली के तरीके से भगवान के कुछ कायदे और कानून हैं। बिजली के का...
- आप भगवान विष्णु से यह पूछ कर आना कि उस किसान के यहाँ कोई बच्चा होने वाला है कि नहीं?...? होगा तो कब होगा? वह नारद जी के सामने हाथ जोड़ने लगा और कहने लगा कि मैं तो वैसे ही छोटी बुद्धि का आदमी...
- आप भगवान से ले सकते हैं?...? मैं भगवान से नहीं ले सकता।
आपको व्यापार में फायदा होगा, तभी आप दे सकते हैं और घाटा होगा, तो आप एक...
- आप भगवान से ले सकते हैं?...? मैं भगवान से नहीं ले सकता। आपके व्यापार में फायदा होगा तभी आप दे सकते हैं और घाटा होगा तो आप एक पैसा...
- आप भगवान से?...? भगवान ने आपको दिया क्या नहीं है? भगवान् ने आपको हर चीज दी हुई है। आपने देखा नहीं है? मालूम नहीं किया...
- आप भगवान् के बॉस हैं?...? आप भगवान् पर हुकुम चलाना चाहते हैं? आप भगवान् को अपनी मर्जी पर चलाना चाहते हैं? क्योंकि आप हनुमान् च...
- आप भगवान् को अपनी मर्जी पर चलाना चाहते हैं?...? क्योंकि आप हनुमान् चालीसा का पाठ करते हैं और आप धूप बत्ती दिखाते हैं। इसीलिये आप चाहते हैं कि भगवान्...
- आप भगवान् पर हुकुम चलाना चाहते हैं?...? आप भगवान् को अपनी मर्जी पर चलाना चाहते हैं? क्योंकि आप हनुमान् चालीसा का पाठ करते हैं और आप धूप बत्त...
- आप भविष्य के बारे में समय-समय पर जो बुरी आशाएँ लगाये बैठे रहते हैं, कहीं ऐसा न हो जाए, वैसा न हो जाए, ऐसा हो गया फिर क्या होगा?...? आप ऐसी कल्पनाएँ क्यों करते हैं? यह कल्पनाएँ क्यों नहीं करते कि भविष्य हमारा अच्छा-ही है। भविष्य अच्छ...
- आप भागे कि नहीं भागे, आपने कोशिश की कि नहीं की, आपने मेहनत की कि नहीं की?...? आप इसी एक प्वाइंट पर फेल हो जाएँगे और इसी पर हम आपको पास कर देंगे। चलिए, सफलता मिली कि नहीं मिली, उस...
- आप भी अपनी खूबसूरती पैदा क्यों नहीं करते?...? आप अपने अन्दर वो विशेषताएँ क्यों नहीं पैदा करते, जिससे कि वे शक्तियाँ जो इस दुनिया में काम करती ह...
- आप भी इतनी हिम्मत करते हैं?...? बेटे! कोशिश करेंगे। इतने आदमी यहाँ शान्तिकुञ्ज में तो नहीं रह सकते, लेकिन हमारा ऐसा ख्याल है कि हम गाँ...
- आप भी इतनी हिम्मत करते हैं?...? बेटे! कोशिश करेंगे। इतने आदमी यहाँ शान्तिकुञ्ज में तो नहीं रह सकते, लेकिन हमारा ऐसा ख्याल है कि हम ग...
- आप भी इशारे करके लोगों को बहकाने लगें, जेल में डालने लगें और लूटने लगें तो राम-नाम क्या करेगा?...? तब राम-नाम आपके लिए नुकसानदायक हो जाएगा। तब राम-नाम से मुक्ति नहीं हो सकती। नहीं साहब! राम-नाम से बह...
- आप भी इस यज्ञ में शामिल हो रहे हैं?...? अश्वमेध यज्ञ में शामिल हुए हैं, तो आप भी अपनी सम्वेदना पैदा करना, अपनी क्षुद्रताओं को, अपनी नीचताओं ...
- आप भी इसी तरीके से करेंगे?...? अपनी मर्जी****अपनी मर्जी****अपनी मर्जी****कहाँ तक करेंगे? हमको ये साधना बताइये? हमको ये बीजमंत्र बता...
- आप भी ऋषि होना चाहते हैं?...? साहब! उसी प्रकार से हम भी ऋषि होना चाहते हैं, जिस प्रकार से वाल्मीकि राम का नाम लेने से सन्त और ऋषि ह...
- आप भी कहाँ मिलती हैं?...? आप भी कहीं नहीं मिलतीं, बैठा लेती हैं आधा घण्टा और फिर कहती हैं उठ जा। बेटा! यह तो अब विशेष परिस्थिति...
- आप भी किवाड़ खोलकर सो सकते हैं?...? आप ऐसे नहीं सो सकते। आपके घरों पर तो छापे मारे जाने वाले हैं। सी०बी०आई० वाला छापा मारेगा, होशियार-हो...
- आप भी कुछ देंगे क्या?...? नहीं, हम क्या दे सकते हैं? हमारे पास क्या है? हम तो केवल भिखारी हैं।
यह नहीं, बेटे! यह भिखारी शब्द...
- आप भी क्या यही करते हैं?...? नहीं, महाराज जी! हम ऐसा नहीं करते हैं। यदि आप भी ऐसा ही करते हैं, तो अपना विचार बदल दें। मित्रो! प...
- आप भी खाएँगे?...? बेटे! हम भी खाएँगे, इच्छा से या बिना इच्छा से खाएँगे। नाक के हिस्से से हवा घुसेगी, जिसमें आपका घी भी...
- आप भी जप करेंगे?...? हाँ साहब! हम भी जप करेंगे। अच्छा तो यह बताइए कि नारद जी से राम-नाम की दीक्षा लेने के बाद में क्या वा...
- आप भी तो अध्यात्म के साथ क्या करते हैं?...? मजाक और मखौल करते हैं॥ कौन-सी वाली? जो आप लिए फिरते हैं कि अमुक मंत्र का जप करेंगे और पैसा कमाएँगे।...
- आप भी तो अध्यात्म के साथ क्या करते हैं?...? मजाक और मखौल करते हैं। कौन सी वाली? जो आप लिए फिरते हैं कि अमुक मंत्र का जप करेंगे और पैसा कमाएँगे। ...
- आप भी तो हमारे बालक हैं?...? जिस तरीके से राम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न-चारों भाइयों को लेकर वसिष्ठ जी आ गए थे और उनको यह बतलाया ...
- आप भी तो हमारे बालक हैं?...? जिस तरीके से राम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न चारों भाइयों को लेकर वशिष्ठ जी आ गये थे, और उनको यह बतलाय...
- आप भी निहाल हो जायेंगे, धन्य हो जायेंगे और क्या कहूँ मैं आपसे?...? बस। आज की बात समाप्त।...
- आप भी बोलिए न कुक्कड़ूं कूँ, तो मजा आ जाये और आप भी खुश हो जाएँ और हर आदमी के दिमाग में आ जाय कि सबसे पहले उठने वाला कौन है?...? सबको आवाज लगाने वाला कौन है? सबसे पहले शंख बजाने वाला कौन है? सबसे बड़ा पण्डित कौन है? सबसे बड़ा मुल्...
- आप भी वोट माँगने आए हैं?...? हाँ, साहब! वोट माँगने तो हम भी आए हैं। कौन-सी पार्टी से आए हैं? हम तो दीपक वाली पार्टी से आए हैं। बस...
- आप भी शर्मा जी हैं?...? हाँ हम भी शर्मा जी हैं, तो ठीक है। आपकी शरम भगवान कायम रखें। ऐसा न हो कि आपकी शरम चली जाय। हम भी शर्...
- आप भी सच्चाई की वजह से, ईमानदारी की वजह से मुसीबत उठा लें तो हर्ज की क्या बात है?...? किफायतशारी बनकर रहें, अपना खर्च कम करके चलें और अपनी महत्त्वाकांक्षाओं को गिराकर रहें, तो आपकी जिंदग...
- आप भी होंगे तो बहुत अच्छा लगेगा?...? ’’ मैंने उनसे कहा, ‘‘मुझे गुरुदेव ने मना किया है। कहा है, उत्तर दिशा में नहीं जाना।’’ वे सभी मन मार ...
- आप भीख क्यों माँगते हैं?...? हम क्या कर सकते थे? हमारे हाथ में कोढ़ हो गया। घरवालों को, खानदान वालों को, उनके बच्चों को निंदित कर...
- आप भुला सकते हैं?...? आप नहीं भुला सकते। किसी भी कीमत पर आप भुला नहीं सकते।...
- आप मदद करेंगे?...? बेशक हम करेंगे; लेकिन उसकी कुछ शर्तें हैं। नम्बर एक अपने भीतर से साहस जगा, उत्साह जगा। अपनी मुसीबतों...
- आप मन में शान्ति चाहते हैं न?...? आपके साथ जो रहते हैं, उनसे आत्मीयता, प्रेम चाहते हैं न? आप जो पैसा कमाते हैं, उसमें किफायत करके बचत ...
- आप मर्यादाओं का पालन करेंगे?...? ‘‘हरे रामा करूँगा।’’ अऽऽहा..........देखा, सबसे सुगम वाला रास्ता ढूँढ़ लिया। सबसे सरल वाला रास्ता ढू...
- आप माँ-बाप का प्यार कहाँ से लाएँगे?...? कौन से बाजार से लाएँगे?
माँ का स्नेह-वात्सल्य पीकर शिवाजी की आत्मा, लव-कुश की आत्मा न जाने कह...
- आप माँगते ही रहेंगे क्या?...? भिखारी ही बने रहेंगे क्या? नहीं, आप भिखारी बनने से इनकार कर दीजिए। अब आप यहाँ से दानी बनकर जाइए।...
- आप मिट्टी से कितनी बार माँजते हैं हाथ?...? देखिये, हम पाखाना हो करके आए हैं, टट्टी होकर के आए हैं। तो क्या कर रहे हैं? माँज रहे हैं। अरे! तो एक...
- आप मिठाई खरीदना चाहते हैं ना?...? तो आप मिठाई किससे खरीदेंगे? नोट लाइए, क्वाइन लाइए। क्वाइन—पैसे का क्या करेंगे? हम तो ऐसे ही खरीदेंगे...
- आप मीठे वचन नहीं बोल सकते?...? आप दूसरों को प्रोत्साहन नहीं दे सकते? आप क्या अच्छे परामर्श देने की स्थिति में नहीं हैं? क्या आप मुस...
- आप मुझे ही बच्चा मान लेंगी तो क्या हर्ज है?...? कामसेवन से मेरे जैसे बच्चा न हुआ तब? कोई लूला-लँगड़ा पैदा हो गया तब? और कोई चोर-उचक्का पैदा हो गया तब...
- आप में से अधिकांश व्यक्ति सोच रहे होंगे कि मैं यहाँ था, परन्तु व्याख्यान क्यों नहीं दिया?...? विशेष कारणवश व्याख्यान न दे सका। बेटे! मैं अपने जीवन भर प्रयोग करता रहा हूँ। कौन-कौन से प्रयोग किय...
- आप में से कोई इनकम टैक्स वाला बैठा हो तो?...? इसलिए बाकी बात नहीं बताना चाहता हूँ। नहीं साहब! नंबर दो की बात बताइए। बेटे, हमारे चौके में पाँच सौ आ...
- आप में से कोई बुड्ढा तो नहीं है?...? अच्छा अभी नहीं है तो थोड़े दिनों बाद हो जाएँगे। यह क्या हो गया? जब संस्कृति की सीता चली गई और वापस न...
- आप में से कोई बुड्ढा तो नहीं है?...? अच्छा अभी नहीं है तो थोड़े दिनों बाद हो जाएँगे। यह क्या हो गया? जब संस्कृति की सीता चली गई और वापस नह...
- आप में से कोई भी भुजा हमारी कटती है और कोई भी भुजा हमारी इधर-उधर होती है, तो हमको आन्तरिक पीड़ा होती है और यह पीड़ा होती है कि यह हमारी भुजा गिर कैसे पड़ी?...? यह कट कैसे गई? यह लगाई क्यों नहीं गई? इसका ऑपरेशन कैसे नहीं हुआ? कोई कुशल डॉक्टर नहीं मिला, या तो हम...
- आप में से बहुतों की हमें इतनी जरूरत है, बेटे कि हम क्या कहें?...? कोई कहता है कि हमारे इतने सारे बच्चे हो गए? हम थकते नहीं हैं, अभी हमें बहुत बच्चे पैदा करने हैं। आप ...
- आप में से हर आदमी काम के प्रति इतना ईमानदारी है कि उसका क्या कहना?...? आप कार्य को भगवान की पूजा समझते हैं। आपका क्या कहना? आपको हम कहना चाहते हैं कि आपसे हमें शिकायत नहीं...
- आप में से हर आदमी में कबीर के बराबर, रैदास के बराबर, विवेकानन्द के बराबर योग्यता है; पर हम क्या करें?...? ये घटियापन तो चैन नहीं लेने देता। खा गया ये घटियापन, आपके पैसे को, आपकी अकल को, आपके श्रम को, हर ची...
- आप मेरे पीछे क्यों पड़ गये?...? मुझे दाल-रोटी खाने दीजिए। आपको सिखाऊँगा, तो मैं ही भूल जाऊँगा। मुझको आप कृपा करके माफ कर दीजिए।’’
ऐ...
- आप मेरे साथ अनेक जन्मों से जुड़े हुए हैं और मैं बता सकता हूँ कि मैं किस-किस जन्म में आपका क्या रहा हूँ?...? आप पहले जन्म में कौन थे और कौन से महान कार्य करने में समर्थ थे? आप अपने आप को भूल गए। आप अपने आप को ...
- आप मेहनत करने के लिए कहाँ कीमत चुका पाते हैं?...? सैर के लिए कीमत चुकाते हैं और दूसरी चीजों के लिए कीमत चुकाते हैं।
झूठ-मूठ में थोड़ा खेल-खिलौना बनात...
- आप मैट्रिक पास रह गये तो क्या आफत आ गई?...? नहीं साहब, हमारा ये हो जायेगा, हमारा वो हो जायेगा, ऐसे विचार करते रहेंगे तो मैं आपको नर्कगामी कहूँगा...
- आप मैट्रिक पास रहेंगे तो क्या आफत आ जाएगी?...? नहीं साहब! हमारा ये हो जाएगा, हमारा वह हो जाएगा। आप अगर ऐसे ही विचार करते रहेंगे तो मैं आपको नरकगामी...
- आप मैट्रिक पास रहेंगे तो क्या आफत आ जाएगी?...? नहीं साहब! हमारा ये हो जाएगा, हमारा वह हो जाएगा। आप अगर ऐसे ही विचार करते रहेंगे तो मैं आपको नरकगामी...
- आप मौका नहीं दे सकते?...? कृपा कीजिए। उनको मौका दीजिए। हम आपके भीतर प्रवेश कर सकें। कान तक मत सुनिए हमारी आवाज। कान से हम गुरु...
- आप यज्ञ कर रहे हैं न?...? आपके यज्ञ के लिए हम दोनों भाई धनुष लेकर के खड़े हैं। एक पल भी डिगे नहीं, हटे नहीं। जो कार्य सौंपा, व...
- आप यदि एक काम पर पूरा विचार करना सीख जाएँ, तो आप क्या से क्या बन सकते हैं?...? हमने अपने जीवन में स्वाध्याय का नियमित समय एक घण्टे के हिसाब से रखा। पंद्रह वर्ष की उम्र से सत्तर व...
- आप यदि कहें कि हम नहीं करेंगे तो?...? तो भी बेटे! काम हो जाएगा। भगवान जो काम कराना चाहते हैं, किसी से भी करा लेते हैं। मिट्टी के टुकड़े और...
- आप यह बात नहीं कहें, वरन् यह सोचें कि आपके कितने बच्चे हैं?...? हर एक की शादी में आपने दस हजार रुपये खर्च किये हैं, तो इस बच्चे अर्थात् चरणपीठ के लिए भी छह हजार ख...
- आप यह इच्छा पूरी कर दीजिए कि मेरा गायत्री का तेरह वर्षों का जप और अनुष्ठान क्यों बेकार चला गया?...? तो भैरव ने कहा—तेरे इस सवाल का मतलब हम बता देंगे, चल आँखें बन्द कर। आँखें बन्द कर लीं, फिर उन्होंने ...
- आप यह उम्मीद करते हैं कि आपका मन अच्छे कामों में लगेगा?...? ध्यान में लगेगा? भजन में लगेगा? नहीं लगेगा। इसको लगाना पड़ता है।...
- आप यह कौन सी बात कह रहे हैं?...? मित्रो! यह लेसर किरणों की बात कह रहे हैं। लेसर किरणें तो वैज्ञानिक होती हैं, पर हमारी वाणी जो है, वह...
- आप यह कौन-सा धंधा लेकर बैठे हैं?...? अभ्रक जला रहे हैं? देखना जब यह शीशी में बन्द हो जाएगा तो लोगों के लिए क्या काम करेगा। हाँ बेटे! हकीम ...
- आप यह क्या कर रहे हैं-बताइए कि आप गोबर भरे हुए कमंडल में खीर लेंगे?...? तो बेटे! इसमें क्या हर्ज है। स्वामी जी! इसमें दो हर्ज हैं-पहला यह कि इसमें गोबर भरा हुआ है। इसमें जो...
- आप यह क्या कर रहे हैं?...? ठोकर मार रहे हैं। किसलिए? इसलिए कि पहले देख लें कि यह खरा है या खोटा है खोटा हुआ तब? खोटा हुआ तो हम ...
- आप यह क्या कर रहे हैं—बताइए कि आप गोबर भरे हुए कमंडल में खीर लेंगे?...? तो बेटे! इसमें क्या हर्ज है। स्वामी जी! इसमें दो हर्ज हैं—पहला यह कि इसमें गोबर भरा हुआ है। इसमें जो...
- आप यह क्या करते हैं?...? अरे बेटे! हम उसे जलाते हैं, तपाते हैं। आप पुराने जमाने के हकीमों से पूछिए। क्यों साहब! आप जो अच्छी च...
- आप यह क्या कह रहे हैं?...? जरा आप सोचिए तो सही, आखिर आप कहना क्या चाहते हैं। अगर आप ऐसा ख्याल रखते हैं कि आप भगवान को नसीहत देन...
- आप यह क्या कह रहे हैं?...? बेटे, यह इसलिए कह रहा हूँ कि गोस्वामी तुलसीदास जो थे, उनको रामचंद्र जी की भक्ति करनी थी। रामचंद्र जी...
- आप यह क्या कह रहे हैं?...? मैं सपना देख रहा हूँ या कोई दृश्य। नहीं, आप सपना नहीं देख रहे हैं। हम इंदौर के महाराज हैं और आपसे प्...
- आप यह क्या कहते हैं?...? हाँ बेटे, मैं गलत कह रहा था।
मित्रो! दूसरों का दुःख, दूसरों का कष्ट, दूसरों का विछोह देख करके आप...
- आप यह ख्याल तो रखिए मत कि बुड्ढे से जवान हो जाएँगे, हम बुड्ढे को जवान भी बना देंगे, तो फिर करेंगे क्या आप?...? आप जवानी में क्या अच्छाई पाते हैं और बुड्ढे में क्या खराबी पाते हैं? हमको तो बुढ़ापे में शान मालूम पड़...
- आप यह तो बताइए कि हमको करना क्या है?...? " तो उन्होंने कहा—"एक ही कार्य है कि सारे विश्व में फैल जाओ। हर देश के चप्पे-चप्पे में आप जाकर फैल ज...
- आप यह ध्यान रखना कि वानप्रस्थ शिविर में आकर हमने जो ध्यान करना, कर्मकाण्ड करना, हवन करना सीखा, तो क्या दृष्टिकोण का परिष्कार करना भी सीखा या नहीं सीखा?...? अगर आपने दृष्टिकोण का परिष्कार किया हो तो आपका वानप्रस्थ ठीक और आपने इसी दृष्टि से जनमानस का परिष्का...
- आप यह बताइए कि आपका जो कार्य छूटा हुआ है, उसका नए सिरे से बीजारोपण किस तरह हो?...? खाद पानी आप-हम लोग लगाते रहेंगे, तो इसका उठाया हुआ कदम खाली नहीं जाएगा।’’ इसके बाद उनने गायत्री पुरश...
- आप यह बताइए, इनको प्यार क्यों करते हैं और आप हमको प्यार क्यों नहीं करते?...? उन्होंने कहा—इस रहस्य को मैं फिर कभी बतलाऊँगा, इस समय नहीं। उन्होंने दावत दी और आमन्त्रण दिया, तो भो...
- आप यह बताइए, इनको प्यार क्यों करते हैं और आप हमको प्यार क्यों नहीं करते?...? उनने कहा—इस रहस्य को मैं फिर कभी बतलाऊँगा, इस समय नहीं। उनने दावत दी और आमंत्रण दिया तो पहले दानवों ...
- आप यह बताइये कि इतने सारे आपके मिल चलते हैं, आपका काम कहाँ से चलता है?...? उन्होंने कहा कि हमारा तो इन्तजाम भगवान् से हो जाता है। उसी भगवान् से हमारी भी जान- पहचान है। हम अप...
- आप यह बिल्कुल नहीं जानते कि भगवान बन्दर को कहते हैं या आदमी को कहते हैं?...? भगवान को यदि आपने जाना होता, तो आपको यह न कहना पड़ता कि अनन्त शक्तियों के स्वामी, अनन्त ज्ञान के स्...
- आप यह मत समझिए कि गुरुजी-माताजी नहीं रहे तो हम अनाथ हो जाएँगे, फिर कहाँ से पैदा होंगे?...? नहीं बेटे! हमारी रूह रहेगी, हमारी शक्ति रहेगी और समस्त संसार में व्याप्त रहेगी।
एक-एक कण में, शान्...
- आप यह विचार करना कि क्या इन पाँच शिक्षाओं के आधार पर हम अपने जीवन में कुछ हेर-फेर कर सकते हैं?...? क्या वर्तमान चिन्तन और वर्तमान परिस्थितियों में कुछ हेर-फेर होना सम्भव हो सकता है? आप विचार करना। वास्...
- आप यह विचार मत कीजिए कि भगवान् जी आपसे यह पूछने वाले हैं कि आपने कितनी माला का जप किया था?...? किन-किन तीर्थों की यात्रा की थी। क्या-क्या कर्मकाण्ड कराए थे? भगवान से इनका कोई ताल्लुक नहीं है। यह ...
- आप यह समझते हैं कि आप अपने आप आए हैं?...? नहीं, आप अपने आप नहीं आए, बल्कि हमने बुलाया है और इसलिए बुलाया है कि आप में वह प्रतिभा है, वह गुण है...
- आप यह सोचते हैं कि दो साल के बाद गुरुजी चले जाएँगे तथा हमें तपोभूमि या फिर हरिद्वार जाने से क्या मिलेगा?...? आप इधर-उधर बगलें झाँकने लगते हैं तथा साँई बाबा के पास चले जाते हैं। वहाँ जाने के बाद हनुमान जी क...
- आप यहाँ आइए और देखिये कि सन्त किसे कहते हैं?...? ब्रह्मचारी किसे कहते हैं—जिन्होंने अपने घर को त्याग करके, हजारों रुपयों की नौकरी को ठोकर मारकर यहाँ ...
- आप यहाँ आइए शान्तिकुञ्ज, गायत्री नगर देखिए-ब्रह्मवर्चस देखिए कितने शानदार हैं?...? २४०० गायत्री शक्ति पीठों को देखिए। इतनी तो बिल्डिंगें हैं और जो उनमें लोग रहते हैं, उन पर जो रुपया ख...
- आप यहाँ आये हुए हैं शान्तिकुञ्ज में, कल्प साधना की उपासना कर रहे हैं तब फिर क्या करना चाहिए आपको?...? तीन बन्धनों से मुक्ति प्राप्त कर लेनी चाहिए। कोशिश कीजिए कि तीन बन्धन तोड़ दें। और आप चाहें तो इन ती...
- आप यहाँ देखिये कि गायत्री माता और अन्य देवी- देवताओं सम्बन्धी तथ्य किस प्रकार व्यक्त हैं और कैसे विद्यमान हैं?...? आप यहाँ आइए और देखिये कि सन्त किसे कहते हैं? ब्रह्मचारी किसे कहते हैं—जिन्होंने अपने घर को त्याग करक...
- आप यहाँ देखिये कि नौ कुण्ड का हवन किस तरीके से होता है?...? आप यहाँ देखिये कि सारे हिमालय का केन्द्रीभूत करके मन्दिर कैसे बनाया गया है? आप यहाँ देखिये कि गायत्र...
- आप यहाँ देखिये कि सारे हिमालय का केन्द्रीभूत करके मन्दिर कैसे बनाया गया है?...? आप यहाँ देखिये कि गायत्री माता और अन्य देवी- देवताओं सम्बन्धी तथ्य किस प्रकार व्यक्त हैं और कैसे विद...
- आप यहाँ पर सिनेमा हो रहा है क्या?...? आप सिनेमा देखने के लिए, तमाशा देखने के लिए अगर आपने उपासना की है, चमत्कार देखने के लिए तो आपको धिक्क...
- आप यहाँ शान्तिकुञ्ज में आए हुए हैं, कल्प साधना कर रहे हैं, उपासना कर रहे हैं, तो आपको क्या करना चाहिए?...? आपको तीन बन्धनों से मुक्ति प्राप्त करनी चाहिए। आप कोशिश कीजिए कि तीनों बन्धन तोड़ दें। अगर आप चाहें ...
- आप यहाँ सर्व धर्म सम्मेलन हेतु पधारे हैं-मैं आपकी क्या सहायता कर सकती हूँ?...?
मेरा नाम विवेकानन्द है। मैं भारत से इस सम्मेलन में भाग लेने आया हूँ। मुझे बोस्टन से डॉ.बैरोज के नाम...
- आप यहाँ हमारा दर्शन करने के लिए आये हैं, अच्छा साहब क्या देख करके आये?...? हमारा शरीर देखकर आये। तो क्या फायदा हुआ इससे? कुछ भी फायदा नहीं हुआ। बूढ़ा आदमी था, बैठा हुआ था, चेहर...
- आप यही चाहते हैं न?...? ? अपने मित्र का और अपने बड़े का जो मान और पद न्यायाधीश के रूप में बना हुआ है, वह आप खराब कराना चाहत...
- आप यही चाहते हैं न?...? हाँ साहब! यही चाहते हैं। तो बस, इसका मतलब यह हो गया कि आप हमको काटना चाहते हैं। हमारे पुण्य का लाभ ज...
- आप यही रेपिटिशन बार-बार क्यों कराते हैं?...? किस काम के लिए कराते हैं? आपको यह सवाल करना चाहिए और इसका जवाब मालूम करना चाहिए।
साथियो! रेपिटिशन ...
- आप यही रेपिटिशन बार-बार क्यों कराते हैं?...? किस काम के लिए कराते हैं? आपको यह सवाल करना चाहिए और इसका जवाब मालूम करना चाहिए।साथियो! रेपिटिशन इसल...
- आप ये किसकी बात कह रहे हैं?...? बेटे! मैं बुद्ध की बात कह रहा हूँ। उस बुद्ध की बात जिसकी मैं जावा की बात कह चुका हूँ। साँची के स्तूप...
- आप ये क्या कहते हैं?...? बेटे! तू समझता तो है नहीं कि मैं क्या कहता हूँ। तू एकांगी बात लिए फिरता है; जबकि अध्यात्म एकांगी नही...
- आप ये क्या कहते हैं?...? बेटे! तू समझता तो है नहीं कि मैं क्या कहता हूँ? तू एकांगी बात लिए फिरता है, जबकि अध्यात्म एकांगी नही...
- आप ये चाहते हैं?...? भगवान् पूरा करे आपकी मर्जी। आप इसी लायक हैं, कि आपकी मर्जी भगवान् को पूरा करनी चाहिए। आप धूप बत्ती ख...
- आप ये दावा कर सकते हैं?...? हम भी दावा करेंगे। आप जाइए गंगाजी में से पार निकल जाइये और ये मंत्र बोलते जाइए। आप भी पार हो जाएँगे ...
- आप ये बहानेबाज़ी मत बनाइये कि हमारा गुजारा कैसे होगा, घर का क्या होगा?...? हमारी जिम्मेदारियाँ कौन पूरी करेगा? आप नहीं भी रहेंगे, मर जाएँगे, तो भी आपके बच्चों का, घरवालों का प...
- आप ये भी नहीं जानते?...? इसमें जनता के सहयोग का कितना लाभ भरा पड़ा है, क्या आप इसे नहीं जानते? अगर आप हकीकत में आएँ, तो आप इ...
- आप ये विचार कीजिये कि आपको जो कुछ मिला हुआ है, वह कितना ज्यादा है?...? भगवान ने कितना ज्यादा आपको दिया है। जो किसी प्राणी को नहीं मिला है, वह सिर्फ आपको मिला हुआ है। आप इन...
- आप ये सोच के चलिए आपके पास है क्या?...? आपके पास श्रम है, आपके पास जीवन है, आपके पास मनुष्य की काया है, आपके पास गृहस्थ है, आपके पास परिस्थि...
- आप ये सोच के चलिये—आपके पास है क्या?...? आपके पास श्रम है, आपके पास जीवन है, आपके पास मनुष्य की काया है, आपके पास जीवन है, आपके पास परिस्थिति...
- आप यों कहेंगे कैसे?...? भूतकाल ऐसे मजाक की चीज है? मजा की चीज नहीं है। आप ऐसा मत कीजिए। आप वास्तविकता से इतनी दूर रहेंगे, तो...
- आप रखवाली नहीं करेंगे, खाद-पानी न देंगे तो पेड़ों से और पौधों से आप क्या आशा रखेंगे?...? इसी तरीके से जीवात्मा का पेड़ और वृक्ष तो है, पर अपनी खुराक माँगता है। और खुराक क्या माँगता है? मैंने...
- आप रहते हैं?...? नहीं साहब! ब्रह्मचर्य की कोई जरूरत नहीं है, हम तो कसरत करते हैं। हम अपने आहार पर नियंत्रण करते हैं। ...
- आप रहते हैं?...? नहीं साहब! ब्रह्मचर्य की कोई जरूरत नहीं है, हम तो कसरत करते हैं। हम अपने आहार पर नियन्त्रण करते हैं।...
- आप रहन- सहन, आहार- विहार की उपेक्षा करेंगे और केवल आँख से जो कसरत दिखाई पड़ती है, उसी को सब कुछ मान लेंगे, फिर कैसे कायदा को सकता है?...? उसकी बात सही थी। विधि से अध्यात्म नहीं समझ में आएगा मित्रो! यही गलती हमारे आध्यात्मिक क्षेत्र में भी...
- आप राजनीति में क्यों नहीं आते?...? हम बार-बार यही कहते रहते हैं कि राजनीति का क्षेत्र बहुत छोटा, बहुत कम है और धर्म का क्षेत्र बहुत ब...
- आप राजा नल की तरह से दमयंती को वन में अकेले छोड़ जाते तो भी वह आपकी धर्मपत्नी होती, परन्तु आपने उसे धर्मपत्नी कब बनाया है?...? धर्मपत्नी नहीं बनाया। आप अगर उसे धर्मपत्नी बनाने का प्रयास करते तो यह घर स्वर्ग बन जाता।
साथि...
- आप राजा साहब हैं, हमसे क्या गलती हो गई?...? गलती कुछ नहीं हुई। हम तो आपसे एक प्रार्थना करने आए हैं, एक भीख माँगने आए हैं। क्या? यह कि अगर आपकी द...
- आप राजा साहब हैं, हमसे क्या गलती हो गई?...? गलती कुछ नहीं हुई। हम तो आपसे एक प्रार्थना करने आए हैं, एक भीख माँगने आए हैं। क्या? यह कि अगर आपकी द...
- आप राजा हैं तो क्या?...? मैं यह मानता हूँ कि आप युधिष्ठिर हैं; लेकिन है तो यह पराया धन ही न? मेरी कमाई का उपार्जित धन तो नहीं...
- आप रात्रि में देवी का जागरण करते हैं, तो हम क्या करें?...? आप आध्यात्मिकता की बात मत कहिए। आप तो देवी की पूजा-वूजा करते रहिए, लेकिन अगर आप आध्यात्मिकता का जिक्...
- आप राम हैं—हम कैसे कर सकते हैं?...? हमारी एक आँख में राम बना हुआ है। हम प्रत्येक मनुष्य को राम मानते हैं। ऐसी हालत में हम आपके साथ अनीति...
- आप रामेश्वरम् जा रहे थे क्या?...? हाँ रामेश्वरम् तो हम ही तो रामेश्वरम् हैं। आइए हमसे मिलिए तो सन्त एकनाथ कहने लगे आप तो गधे हैं और बी...
- आप रिक्शे वाले हैं और आप?...? पुजारी जी हैं। अरे सिनेमा देखते हैं? नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ से आया। जाने का मन होता ह...
- आप रिक्शे वाले हैं और आप?...? पुजारी जी हैं। अरे सिनेमा देखते हैं? नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ से आया? जाने का मन होता ह...
- आप रिश्वत क्या देंगे?...? फूल की जरूरत पड़ेगी, तो भगवान कहीं भी किसी के बगीचे में घुस जाएँगे और वहाँ से फूल चुनते रहेंगे। सारी ...
- आप रोज कहाँ जाते हैं?...? उसने कहा कि मैं तो एक गंदे मुहल्ले में रहता हूँ और जो दुखी हैं, उनकी सेवा करता हूँ। उन्हीं में तो भग...
- आप रोज जप क्यों कराते हैं?...? बेटे! इसलिए जप कराते हैं कि कोई चीज हमारी खो गई है और हम तलाश करते हैं कि हे भगवान! वह चीज हमारी कहा...
- आप रोटी क्यों खाती हैं?...? बेटे! हर आदमी की शान, हर आदमी की इज्जत होनी चाहिए, हर आदमी का गर्व, गौरव होना चाहिए कि वह क्रियाशील ...
- आप रोटी क्यों खाती हैं?...? बेटे! हर आदमी की शान, हर आदमी की इज्जत होनी चाहिए हर आदमी को गर्व-गौरव होना चाहिए कि वह क्रियाशील है...
- आप रोटी नहीं खिला देंगे?...? खिला देंगे बेटे! हम तुझे। आज खिला देंगे? आज भी खिला देंगे। कल खिला देंगे? कल भी खिला देंगे। महीने भर...
- आप लाचार क्यों नहीं करते भगवान जी को?...? आप भगवान जी को लाचार कीजिए—अपने चरित्र के द्वारा, अपने गुण, कर्म और स्वभाव के द्वारा। वास्तव में भक्...
- आप लाचार क्यों नहीं करते भगवान जी को?...? आप भगवान जी को लाचार कीजिए-अपने चरित्र के द्वारा, अपने गुण, कर्म और स्वभाव के द्वारा। वास्तव में भक्...
- आप लाल बहादुर शास्त्री का और नेहरू का जिक्र क्यों कर रहे हैं?...? इसलिए कर रहा हूँ कि भक्त और भगवान के बीच भी यही सिलसिला चला आया है। नेहरू ने क्यों मदद की? यू० पी० ग...
- आप ले लेंगे?...? चौराहे पर खड़े होकर भाषण देने वाले नेता लोग टक्कर ले लेंगे? न, यह बिलकुल भी सम्भव नहीं है। इसके लिए ...
- आप लेकर के आएँगे?...? लेकर नहीं बेटे, देकर के आना। यह परम्परा आध्यात्मिकता की परम्परा है।
हमें देना आना चाहिए
...
- आप लेकर के आएँगे?...? लेकर नहीं बेटे, देकर के आना। यह परम्परा आध्यात्मिकता की परम्परा है। हमें देना आना चाहिए जिस देवपरिवार ...
- आप लोग कौन हैं?...? आप वाराह भगवान हैं। जमीन पर आपको जिस काम के लिए भेजा गया था, जिस काम की जिम्मेदारी आपको सौंपी गई थी,...
- आप लोग जो यहाँ बैठे हुए हैं, कहाँ-कहाँ से और कितनी-कितनी दूर से आए हैं?...? क्यों साहब! आपने हमको क्यों नहीं बुलाया? इतने आपके चौबीस लाख बेटे हैं।
हाँ बेटे! वह भी हमारे ही हैं...
- आप लोग तो केवल उस कमाई और विभूति मात्र को ही देखकर उसकी प्रशंसा करने लगते हैं और समर्थन भी, पर सोचना चाहिए कि क्या यह तरीका उचित है?...? सफलता की अपेक्षा नीति श्रेष्ठ है। यदि नीति पर चलते हुए परिस्थितिवश असफलता मिली है तो वह भी कम गौरव क...
- आप लोग पैदल सफर करते हैं, आपके लिए तो यहाँ सवारी भी तैयार खड़ी है, फिर आप लाभ क्यों नहीं उठाते?...? शान्तिकुञ्ज के वातावरण को केवल यह आप मत मानिये कि यहाँ दीवारें ही खड़ी हुईं हैं, आप यह मत सोचिये कि य...
- आप लोग यह नहीं सोचें कि हमारा पेट कैसे भरेगा?...? हमारी औलाद का क्या होगा? हम आपको पूर्ण विश्वास दिलाते हैं कि आपका पेट भी भरेगा तथा आपकी औलाद भी ठीक ...
- आप लोगों की बीबियाँ हैं कि नहीं?...? हमारी तो घर में है। रामचन्द्र जी की बीबी को रावण चुरा कर ले गया। आप अपने घर में तो हैं। आप जब से प...
- आप लोगों की सेवा में कल मैं कहाँ आऊँगा?...? इसलिए जो मैंने पढ़ा, सुना, समझा और जाना है, उस अध्यात्म का सार आपको बताता हूँ।
अध्यात्म में तीन शि...
- आप लोगों के पास जाना और जिन आदमियों को-लाखों मनुष्यों को, जिनको मैंने अपने खून-पसीने से और अपनी मेहनत के बाद तैयार किया है, उन्हें यह सन्देश सुनाना कि गुरुजी क्या हैं और यह मिशन क्या है?...? हमारा मिशन इन्सान में भगवान पैदा करने की कल्पना करता है। हम इन्सान में भगवान पैदा करेंगे। हम इन्सा...
- आप लोगों को उपस्थित किया गया है, बुलाया गया है, आमंत्रण दिया गया है, आखिर क्यों?...? इस सन्दर्भ में मैं कहना चाहूँगी कि जो गुरुजी के पावन सन्देश एवं जो पावन प्रेरणाएँ जो उन्होंने चलते स...
- आप लोगों को उपस्थित किया गया है, बुलाया गया है, आमन्त्रण दिया गया है, आखिर क्यों?...? इस सन्दर्भ में मैं कहना चाहूँगी कि जो गुरुजी के पावन सन्देश एवं जो पावन प्रेरणाएँ, जो उन्होंने चलते ...
- आप लोगों को ऊँचा उठाने के लिए करेंगे क्या?...? ये भी तो एक काम है आपके जिम्मे।
ये भी साधना का एक अंग है। इसलिए एक काम यह है कि आप दूसरों की सहायत...
- आप लोगों ने इंजेक्शन क्यों नहीं लगाये?...? क्या करें साहब? यहाँ कोई आता ही नहीं है? कोई नहीं आता? गाँव वाले बड़े जाहिल हैं। दवा लेने भी नहीं आ...
- आप लोगों ने तप किये थे तो बताइये आपने क्या अनुभव पाये?...? मैंने शास्त्रों से पूछा—‘‘बताइये भाईसाहब, आपको ऋषियों ने लिखा था, गायत्री मंत्र के बारे में क्या कहा...
- आप लोगों ने महाभारत में नहीं पढ़ा है क्या?...? पाण्डव जो थे, उनके यहाँ जब कौरव आये थे, तो उनको जल में स्थल और स्थल में जल दिखाई पड़ा था। यह क्या ह...
- आप लोगों में से किसी ने डीशेन की दवा खाई है?...? डीशेन कौन था? डीशेन बेटे! एक दक्षिण की कंपनी है। वह एक पदार्थ ले लेती है और इतना पीसती है कि उसे अत्...
- आप लोगों से भी आशा है कि आप लोग यहाँ से जो विचार लेकर के जा रहे हैं, ये किनके विचार हैं?...? गुरुजी के विचार ले जाएँ
ये बेटे गुरुजी के विचार हैं। ये सिद्धान्त किनके हैं? गुरुजी के हैं। वाणी अ...
- आप लोहा रहे हों, पहले से; आपके पास एक पारस है, जिसको आप छुएँ, तो देख सकते हैं किस तरीके से काया बदलती है?...?...
- आप लोहे को क्यों जला रहे हैं?...? ताँबे को क्यों जला रहे हैं? अरे साहब! देखना, जलाने के बाद इसमें कैसे मजा आएगा। इसकी भस्म बनेगी, उससे...
- आप लड़ सकते हैं?...? नहीं, लड़ नहीं सकते। तलवार भी वही है, बेशक, ढाल भी वही है, योद्धा तो इसी से लड़ते थे। मानता हूँ बेटे, ...
- आप वकील हैं तो अच्छा, करते क्या हैं?...? सबेरे से शाम तक झूठ बोलते हैं व बुलवाते हैं। फरेब करते हैं व करवाते हैं। इसी अकल से पेट भरते हैं। ऐ...
- आप वकील हैं, तो हम क्या करें?...? आप बड़े अकलमन्द बनते हैं।
पारिवारिकता के आध्यात्मिक सिद्धान्त
मित्रो! पारिवारिकता, जिसमें ...
- आप वहाँ जाकर के क्या कर सकते हैं?...? आप बीमार नहीं पड़ सकते। बीमारी के लिए मैं दवा बता दूँगा, आप जहाँ कहीं भी जाएँगे, आप बीमार नहीं पड़ें...
- आप वहाँ जाकर के क्या कर सकते हैं?...? आप बीमार नहीं पड़ सकते। बीमारी के लिए मैं दवा बता दूँगा, आप जहाँ कहीं भी जाएँगे, आप बीमार नहीं पड़ेंगे...
- आप वहाँ से क्या सीख करके आये?...? वहाँ से हम यह सीख करके आये कि अपने काम में कैसे तन्मय होना, मुस्तैद होना, दिलचस्पी से करना चाहिए। ...
- आप वही खाएँ जो ब्राह्मण, सदाचारी, अपरिग्रही खाते रहे हैं, तो आप देखेंगे कि आपकी सेहत कैसी रहती है?...? आप आज गायत्री जयंती के दिन यहाँ आये हैं तथा यहाँ पर्व मना रहे हैं। आपसे प्रार्थना है कि आप लोकहित के...
- आप वही हैं?...? हाँ साहब! हमारा कहना मानना चाहिए। क्यों मानना चाहिए? क्योंकि हमने सवा रुपये का लड्डू खिलाया था। ...
- आप वहीं के वहीं बैठे हैं, तो आपसे क्या शिक्षण लेंगे?...? आपसे निवेदन कर रहे हैं कि आप जन्मदिन के माध्यम से, विवाह आन्दोलन के माध्यम से आदर्श विवाह का प्रचलन ...
- आप वानप्रस्थी तो नहीं हैं?...? नहीं, हम तो मुसाफिर हैं। अगर कोई वानप्रस्थी आ गए तो? क्यों साहब! क्या बात है? सब ठीक है और एक हाथ से...
- आप वासना और तृष्णा के बन्धनों से ऊँचे क्यों नहीं उठ सके?...? देवता ने आपकी मदद की होती, तो आपके पास सिद्धान्त जरूर आ गए होते। संसार के हर सफल व्यक्ति का यही इतिहा...
- आप वासना के सुराख, तृष्णा के सुराख, अहंता के सुराख, इसी प्रकार सवारी करेंगे, तो यह नाव डूबेगी कि नहीं, बताइये आप?...? यही है भवसागर, जिसमें हम कहते हैं—हे भगवान! भवसागर से निकालिये। हमको बन्धन से मुक्त करिये। मुक्तियाँ...
- आप विचारते क्या हैं?...? आपकी इच्छाएँ क्या हैं? आप यह सभी कुछ हमें बताइए। गुरुजी! आप तो जानते ही हैं कि हमारा टेस्ट क्या है। ...
- आप विद्वान बन सकते हैं, कालिदास के तरीके से रस्सी को पत्थर पर हम बार?...? बार घिसते हैं तो निशान बन जाता हैं। बेटे हमारी रगड़ इतनी जबरदस्त है कि अगर हम अपनी भोंडी अकल के साथ ...
- आप विधेयात्मक विचार नहीं कर सकते?...? आपको निषेधात्मक विचारों को कटाना नहीं आता? आप विधेयात्मक विचार शुरू कीजिये और खुश से रहना सीखिये।यहा...
- आप विभीषण जी का अनुकरण नहीं कर सकेंगे क्या?...? ऐसा कीजिए अब आप—अब विभीषण को अपना इष्ट बनाइए और पहले जो रावण को इष्ट मानते चले आए हैं, उसका त्याग कर...
- आप विवेकशील बनिये और दूरदर्शी बनिये हर मामले में ये सोचिये, इसके परिणाम क्या होंगे?...? आप परिणामों पर विचार करेंगे, तो बहुत-सी बुराइयों से बच जाएँगे और आप परिणामों पर विचार करेंगे, तो वह ...
- आप वेदांत के सारे ग्रंथों को पढ़ते चले जाइए, पंचदशी को पढ़ लीजिए, ब्रह्मसूत्र को पढ़ लीजिए, सब ग्रंथों को पढ़ लीजिए और पता लगाकर आइए कि वेदांत में क्या है?...? अयमात्मा ब्रह्म अर्थात—यह जो आत्मा है, इसी का सफाई किया हुआ हिस्सा, जिसको श्रेष्ठ कहें, भगवान है। तत...
- आप वेदांत के सारे ग्रंथों को पढ़ते चले जाइए, पंचदशी को पढ़ लीजिए, ब्रह्मसूत्र को पढ़ लीजिए, सब ग्रंथों को पढ़ लीजिए और पता लगाकर आइए कि वेदांत में क्या है?...? अयमात्मा ब्रह्म अर्थात यह जो आत्मा है, इसी का सफाई किया हुआ हिस्सा, जिसको श्रेष्ठ कहे, भगवान है। तत्...
- आप व्यक्ति निर्माण नहीं कर सकते?...? जहाँ सोना ढाला जाता है, लोहे की भट्टियाँ होती हैं। भट्टियों में ही लोहा गलाया जाता है, सब जगह नहीं ग...
- आप व्यापार करने जा रहे हैं?...? आप व्यापार मत करना, घाटा पड़ जाएगा। क्यों? वो शनिश्चर बैठा हुआ है। कहाँ बैठा हुआ है? वो कमरे में। कौन...
- आप शंकर भगवान् को बुलाना चाहते हैं न?...? वे आपसे कोसों दूर हैं। उन्हें आप ऐसे नहीं बुला सकते हैं। आप स्वामी जी को बुलाते हैं, तो उनको फर्स्ट ...
- आप शंका करेंगे कि उच्च आध्यात्मिक प्रेरणा का उपयोग उस प्रकार नहीं किया जा सकता, इसलिए सम्भव है वे प्रेरणाएँ 'अहम्' वस्तुएँ हों?...? आज हमें तुमसे इस विषय पर कोई विवाद नहीं करना है, क्योंकि तुम आध्यात्मिक मन की थोड़ी बहुत जानकारी को ...
- आप शरीर के लिए और भौतिक जीवन के लिए कितना समय रखेंगे?...? चौबीस घण्टे का समय होता है। सात घण्टे आप सोया करें। सात घण्टे एक जवान आदमी के लिए, स्वस्थ आदमी के लि...
- आप शरीर तक अपनी सुविधाओं को क्यों खत्म करते हैं?...? आप आगे क्यों नहीं बढ़ते? आप जब ढूँढ़ेंगे, तो आपको कुछ और चीज मिलेगी। सम्पन्नता की तुलना में विभूतियाँ आ...
- आप शान्तिकुञ्ज में खून-खराबे की किताब काहे को लिए फिरते हैं?...? बेटे, इस बात की जरूरत थी। फिर मैं इस बात पर विचार करने लगा कि क्या गीता की किताब मुझे पढ़नी चाहिए थी...
- आप शीर्षासन इसीलिए कराते हैं?...? हाँ बेटे! इसीलिए कराते हैं। तो क्या इससे कोई फायदा नहीं है? शरीर का फायदा होता होगा। जिस तरह से मुगद...
- आप शीर्षासन में सिर के बल चलना शुरू कर देते हैं?...? नहीं, बेटे! ऐसे तो नट करता है। तो फिर आप नाक में से पानी निकालते हैं? नहीं, बेटे! तो फिर आप कैसे योग...
- आप शुकदेव जैसे बच्चे के ऊपर जोर क्यों दे रहे हैं और बुड्ढे को क्यों मना कर रहे हैं?...? राजा परीक्षित ने कहा कि ठीक है, अगर आप लोग नहीं मानते हैं तो आपको व्यास जी का और शुकदेव जी का हम एक ...
- आप शुकदेव जैसे बच्चे के ऊपर जोर क्यों दे रहे हैं और बुड्ढे को क्यों मना कर रहे हैं?...? राजा परीक्षित ने कहा कि ठीक है, अगर आप लोग नहीं मानते तो आपको व्यास जी का और शुकदेव जी का हम एक किस्...
- आप संध्या के नाम की वजह से क्या चाहते हैं?...? बेटे! मैं चाहता हूँ कि जब आप यहाँ से विदा होकर जाएँ तो आप पाँचों संध्याओं को जारी रखें। कौन-कौन ...
- आप संयम जीभ से शुरू कीजिए, फिर देखिए कि आपकी वाणी में चमत्कार कैसे पैदा होता है?...? आप इस सम्बन्ध में हमसे पूछते हैं कि गुरुजी! आपने अपनी वाणी को कैसे शुद्ध बनाया? बेटे! हमने संयम किया...
- आप सच्चाई की वजह से, ईमानदारी की वजह से और दानतदारी की वजह से अगर मुसीबत उठा लें तो क्या हर्ज की बात है?...? सच्चाई की थोड़ी सी झलक और बेईमानी का अधिक से अधिक माद्दा, यही तो लोक व्यवहार है। दुनिया यही तो है। आप...
- आप सच्चाई की वजह से, ईमानदारी की वजह से, और दयानतदारी की वजह से अगर मुसीबत उठा लें तो क्या हर्ज़ की बात है?...? यहाँ तक कि आप मुसीबत उठाने तक के लिए तैयार रहें। आमतौर से इसमें मुसीबत उठाने की जैसी कोई बात है नहीं...
- आप सदैव विभिन्न प्रकार के संकल्प कराते रहते हैं, यदि इस बीच किसी का शरीर न रहा व संकल्प अधूरा रहा, तब क्या होगा?...? ’’
गुरुदेवः-बेटे! शान्तिकुञ्ज एक ऐसा स्थान है, जहाँ जो भी सत्संकल्प किये जायेंगे, पूर्ण होंगे। बस, ...
- आप सबके बॉस हैं, आप सबके भगवान हैं?...? आपने दूसरे आदमियों को खरीद रखा है? ऐसा मत कीजिए। यह गलतफहमी है। अपने व्यक्तित्व को विकसित करके सारे ...
- आप सबको खुश नहीं रख सकते, तो फिर किसे खुश करना चाहिए?...? एक भगवान को खुश करना चाहिए और एक अपनी अन्तरात्मा को खुश करना चाहिए। इन दो के अलावा किसी तीसरे को खुश ...
- आप सबसे ज्यादा किसको प्यार करते हैं?...? हम झाड़ी में छिपे बैठे रहते हैं। वे जैसे ही आते हैं, हम उन्हें खट् से पकड़ लेते हैं और सेकण्डों में ...
- आप समझते क्यों नहीं है?...? मीरा ने यही कर लिया और किस-किस ने किया? बेटे! अब कहाँ तक नाम गिनाऊँगा आपको। किस-किस के नाम गिनाऊँगा?...
- आप समझते क्यों नहीं हैं?...? इनसे हमारा जीवन तैयार होता है। इनसे हमारा सारे के सारा कलेवर तैयार होता है। इन वस्तुओं से हमारा व्यक...
- आप समझते क्यों नहीं?...? इसी का नाम अध्यात्म है।
अध्यात्म किसे कहते हैं? 'साइंस ऑफ सोल' को अध्यात्म कहते हैं। सोल की स...
- आप समझते क्यों नहीं?...? नहीं साहब! इसमें फूल आते हैं, फल आते हैं। हाँ, इसमें फूल भी आते हैं, फल भी आते हैं, यह बात आपकी सह...
- आप समझते क्यों नहीं?...? इसी का नाम अध्यात्म है।अध्यात्म किसे कहते हैं? 'साइंस आफ सोल' को अध्यात्म कहते हैं। सोल की साइंस में...
- आप समझते नहीं हैं?...? दूसरे का आशीर्वाद एवं वरदान आपकी सामयिक आवश्यकताएँ तो पूरी कर सकता हैं, परन्तु आगे केवल आपका पुरुषा...
- आप समझते नहीं क्या?...? गलतफहमी को क्यों दबाए बैठे हैं। गलतफहमी को आप हटा दीजिए। मैं आपसे प्रार्थना करूँगा कि अगर आपके मन मे...
- आप समझते नहीं क्या?...? आप अपने काम को समझिए।
मित्रो! इस काम को करने के लिए अगर आपको खिलवाड़ करनी हो, मजाक बनाना हो,...
- आप समझते नहीं क्या?...? गलतफहमी को क्यों दबाए बैठे है। गलतफहमी को आप हटा दीजिए। मैं आपसे प्रार्थना करूँगा कि अगर आपके मन में...
- आप समझते नहीं हैं 24 लाख किसे कहते हैं?...? आपने कभी सोचा है 24 लाख आँखें, 24 लाख हाथ तथा 24 लाख घण्टे कितने होते हैं? हमारी ताकत बड़ी महान है। 2...
- आप समझते नहीं हैं कि मैच्योर होना किसे कहते हैं?...? इसे ब्राह्मण जीवन एवं सन्त जीवन कहते हैं अर्थात् चरित्रवान जीवन एवं उदार जीवन। आप ब्राह्मण हैं कि नही...
- आप समझते नहीं हैं?...? दूसरे का आशीर्वाद एवं वरदान आपकी सामयिक आवश्यकताएँ तो पूरे कर सकते हैं परन्तु आगे केवल आपका पुरुषार्थ...
- आप समझते हैं कि गायत्री माता का अनुष्ठान २४ हजार जप में हो जाता है?...? तो यह इतने से पूरा नहीं होता। गायत्री ब्राह्मण की कामधेनु है। अतः जप करने से पहले ब्राह्मण बन। नहीं ...
- आप समझते हैं कि यह सब ऐसे ही हो गया है?...? नहीं बेटे! ऐसे ही नहीं हुआ है। अपने जीवन को परिष्कृत करने के लिए हमें बहुत ताकत खरच करनी पड़ी, ताकि ...
- आप समझते हैं न हमने क्या गँवाया?...? कुछ भी नहीं गँवाया हमने। आप हमारे गाँव चले जाइये, देखिए सारे साथ पैदा हुए लोग, दूसरे लोग कोई दुकान क...
- आप समय भी नहीं देखते क्या?...? ऐसे समय कभी-कभी ही आते हैं।इसी तरह गिलहरी ने क्या किया था? अपने बालों में बालू भरकर लाती और समुद्र म...
- आप समय रहते उससे जुड़ सकें, औरों को जोड़ सकें, इससे बड़ी समझदारी और क्या हो सकती है?...? मेरी बात समाप्त।...
- आप समर्पित हो जाइए शरणागति में आइए विलय कीजिए विसर्जन कीजिए फिर देखिए आप क्या पाते हैं?...? बीज के तरीके से गल जाएँ और पेड़ के तरीके से उगने की तैयारी कीजिए। आप त्याग नहीं करेंगे तो पा कैसे ले...
- आप समर्पित हो जाइए, शरणागति में आइए, विराजिए, विसर्जन कीजिए, फिर देखिए आप क्या पाते हैं?...? आप त्याग नहीं करेंगे, बीज के तरीके से गलेंगे नहीं, तब तक कैसे पा सकते हैं? त्याग करने के लिए जप करना...
- आप समर्पित होइए, शरणागति में आइए, विलय कीजिये, विसर्जन कीजिये फिर देखिये आप क्या पाते हैं?...? बीज की तरीके से जुड़ जाइए और पेड़ के तरीके से उगने की तैयारी कीजिये। आप कुछ त्याग नहीं करेंगे तो पा कै...
- आप सवेरे उठते ही यह विचार किया कीजिए, चिन्तन और मनन किया कीजिए कि आखिर जीवन क्या है?...? चौरासी लाख योनियों में से जो सुविधाएँ किसी को नहीं मिलीं, हमको क्यों मिलीं? विचार तो कीजिए कि भग...
- आप सहायता करते हैं?...? हाँ, हमने सहायता की है।
मित्रो! हमने लाखों आदमियों की आँखों में से बहते हुए आँसुओं को पोंछा है औ...
- आप सहायता करेंगे?...? हम जरूर सहायता करेंगे, आप यकीन रखिए। सहायता के लिए तो हम बुलाते ही हैं आपको। सहायता का तो यकीन दिलात...
- आप सहायता नहीं करेंगे?...? बेटे! हम सहायता जरूर करेंगे। तो फिर क्यों लोगों को धमका देते हैं? धमका इसलिए देते हैं कि आपको अपने स...
- आप सही तरीका ही नहीं जानते हैं, तो मैं क्या करूँगा?...? आपने एक ही चीज सीख रखी है, मनुहार और अनुग्रह। उसके सामने नाक रगड़ेंगे, इसके सामने मिन्नतें करेंगे, सब...
- आप सही मानना हम भीतर ही भीतर ऐसे तिलमिला जाते हैं, पर क्या करें?...? सिर धुनकर रह जाते हैं। हम अपने भाग्य को कोसते हुए रह जाते हैं और लानत उन पर डालते हैं कि जो हमारे कह...
- आप सही हिन्दी भाषा कहाँ बोलते हैं?...? आधी लैंग्वेज तो आ ही जाती है गुजराती में, तो हमारी भी हिन्दी आ जाएगी। हम बोलेंगे, बिलकुल गुजराती बोल...
- आप साँचा नहीं बनेंगे तो कोई क्यों ढलेगा?...? इन विशेषताओं को अपने जीवन में आप शामिल कर देंगे, तो मजा आ जाएगा। आप यहाँ से जाइए और यहाँ के विचारों ...
- आप सांसारिक गुरुभक्ति को देखना चाहें तो शिवाजी को देख लीजिए कि समर्थ गुरु रामदास का चेला कैसा हो सकता है?...? इन सबको आप देख लीजिए।
वास्तविक चेला कौन?
नहीं महाराज जी! मैं तो आपका चेला हूँ। आपसे ...
- आप सांसारिक जीवन की बात जानते हैं न?...? सांसारिक जीवन में भी अगर वातावरण न मिले तो बहुत मुश्किलें पैदा हो जाती है। खुशबूदार चन्दन मैसूर और क...
- आप सांसारिक जीवन की बात जानते हैं न?...? सांसारिक जीवन में भी अगर वातावरण न मिले तो बहुत मुश्किलें पैदा हो जाती हैं। खुशबूदार चन्दन मैसूर और क...
- आप सांसारिक जीवन की बात जानते हैं न?...? सांसारिक जीवन में भी अगर वातावरण न मिले तो बहुत मुश्किलें पैदा हो जाती हैं। खुशबूदार चन्दन मैसूर और ...
- आप सांसारिक मुक्ति का अर्थ समझ गए होंगे न?...? अच्छा, अब उसकी बात सोचिए कि मोह से मुक्ति क्या है? बन्धनों से मुक्ति क्या है?बन्धनों से मुक्ति यह है...
- आप सामान्य जीवन में देखते हैं न, स्नान किये बिना कहाँ काम चलता है?...? स्नान न करें तब, स्नान शरीर को नहीं करायें तो मैला-कुचैला जम जाएगा और मैल जम जाने से पसीने के छेद बन...
- आप सिद्धपुरुष बनते हैं कि नहीं?...? आप चमत्कृत होते हैं कि नहीं? भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के लिए आते हैं कि नहीं? ऐसी है साधना...
- आप सिद्धपुरुष बनते हैं कि नहीं?...? आप चमत्कृत होते हैं कि नहीं? भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के लिए आते हैं कि नहीं? ऐसी है साधना...
- आप सिनेमा ही तो देखते थे न?...? ताश ही तो खेलते थे न? मन कहाँ गया था? अपने भगवान् के पास गया था। आपने भगवान् की शकल बना दी थी सिनेमा...
- आप सीमाबद्ध कैसे बने हुए हैं?...? आप वासना और तृष्णा के बन्धनों से ऊँचे क्यों नहीं उठ सके? देवता ने आपकी मदद की होती, तो आपके पास सिद्ध...
- आप सुनते नहीं हैं, न जाने किस मिट्टी के बने हैं?...? आपको न जाने कौन दुष्ट, न जाने कौन बेईमान सिखा गया है कि कर्मकाण्ड कर लीजिए और वैकुण्ठ को जाइए। कर्मक...
- आप सुबह उठेंगे, तो अकेले उठेंगे न, दो तो एक साथ नहीं उठ सकते?...? यह आपका एकान्त जीवन है। सायंकाल को सोते समय आप उस एकान्त जीवन में ऐसे विचार किया कीजिए कि हमारे जीवन क...
- आप सूखी हड्डी हैं न?...? हाँ साहब! और हम लोग कुत्ते हैं न, हाँ! देखिए हम अपनी जवानी, अपना शौर्य, अपना तेज, अपना ओजस्, बारूद क...
- आप सूखे हैं?...? नहीं, हम सूखे नहीं हैं। छोटी-सी हमारी हस्ती, छोटा-सा हमारा व्यक्तित्व है, जिसमें हमने यह फर्ज और यह ...
- आप से दुर्व्यवहार करे?...? ’’
बालक- ‘‘नहीं।’’
प्रशिक्षक- ‘‘तो आप को क्या करना चाहिए?’’
बालक- ‘‘सभी से मीठा बोलना चाहिए।’’
(ब) इ...
- आप से हम सीधे न कहेंगे?...? हम सीधे कहेंगे और आपको सुननी पड़ेगी, हम सुनाएँगे और आपको सुननी पड़ेगी।
हम आपको जबरदस्ती सुनाएँगे क...
- आप सोच रहे होंगे, आखिर हम क्या करें?...? घबराइए नहीं, श्रेष्ठ जीवन के लिए दैनिक जीवन में बहुत जटिलता की आवश्यकता नहीं होती। सरल सहज जीवन जीते...
- आप सोच सकते हैं कि इस परिस्थिति में वहाँ बगावत पैदा हो सकती थी या नहीं?...? इन लोगों ने उन स्त्रियों पर लगाम लगाकर, चेहरे पर नकाब, बुर्का लगाकर बहुत ही कन्ट्रोल में रखा। आपको म...
- आप सोचो कि आप क्या करते हो?...? किसी रोगी, घायल या दुःखिया को देख कर यथाशक्ति सहायता करते हो या चले जाते हो? आपको पता लगेगा कि आप क्...
- आप सौ गज की चारपाई पर सो करके दिखाइये?...? आप ऐसा कीजिए कि कुर्ता बनवाइए, जो सौ गज का हो। आप इतना बड़ा कुर्ता सिलवाइए, तब मैं जानूँ कि आप कै...
- आप सौ हाथ की चारपाई पर सोइये?...? सौ हाथ की चारपाई पर सोयेंगे, तो फिर घर में न उठने की जगह, न फैलने की जगह और न कहीं ठहरने की जगह मि...
- आप स्वयं कब्ज या अन्य किसी गुप्त रोग के शिकार हैं, तब तो कहने की बात ही क्या है?...? कभी इन्जेक्शन, तो कभी किसी को ताकत की दवाई चलती ही रहती है। कुछ बीमारियाँ ऐसी भी हैं जिन्हें आपने स्...
- आप स्वयं कुछ नहीं थे, स्वयं कहाँ थे?...? स्वयं तो जैसे थे, वैसे ही थे, लेकिन गुरुजी ने आपके अन्दर ज्ञान की गंगा को प्रवाहित करके आपको देवताओं...
- आप स्वयं नम्र रहें, जितने ज्यादा नम्र हो सकते हों, सुशील हो सकते हों, विनयशील हो सकते हों, सज्जन हो सकते हों, बन जाइए, दूसरों पर इस सम्बन्ध में दबाव मत डालिए और सम्मान?...? सम्मान आप प्राप्त करना चाहते थे न? मेरी प्रार्थना है, आप यह नियम बदल दीजिए। दूसरों को सम्मान दीजिए। ...
- आप स्वर्ग में क्यों नहीं रहना चाहते?...? मैं कहूँगा कि मैं स्वर्ग में नहीं रहना चाहता, मुझे तो उन गरीबों और पिछड़े हुए लोगों के साथ भेज दी...
- आप स्वर्ग सा जीवन जीने के लिए मनोकामना को पीछे हटा लीजिए और यह मत सोचिए कि क्या परिणाम मिलेगा?...? आप अपने मन को एक केन्द्र पर केन्द्रित कर लीजिए और फिर आप यह सोचिए कि हमारे फर्ज और कर्तव्य जो हैं, उन्...
- आप स्वाति की बूँद के बारे में जानते हैं?...? स्वाति की बूँद कितनी महान होती है? वह सीप के मुँह में जा पड़ती है, तो मोती पैदा हो जाते हैं। नजदीक न ...
- आप स्वाबलम्बी नहीं बनायेंगे?...? परिश्रमशील नहीं बनायेंगे? अगर आप अपने घर गृहस्थी वालों को स्वाबलम्बी नहीं बनाया है तो ये आपका मोह है...
- आप स्वामी जी को बुलाते हैं, तो उनको फर्स्ट क्लास का टिकट दिया है या नहीं?...? आप हमें बुलाएँगे तो दान-दक्षिणा देंगे कि नहीं? आप पेट्रोल का खरच तो देंगे ही। हाँ साहब! हम देंगे। अच...
- आप हनुमान जी को पूजेंगे, लक्ष्मी जी को पूजेंगे, फिर काम को क्यों नहीं पूजते?...? इसमें ईमानदारी का समावेश कीजिए। आप जो भी काम करते हैं, उसको ईमानदारी के साथ मिला दीजिए और देखिये क...
- आप हनुमान जी को समझते क्या हैं?...? देवी को आपने क्या समझ रखा है? आपसे मैं पूछता हूँ कि आप लक्ष्मी जी को समझते क्या हैं? वे आपके जैसी फर...
- आप हमको दिखा सकते हैं?...? उन्होंने कहा—हाँ, हम आपको दिखा सकते हैं। तो दिखा दीजिए? उन्होंने कहा—बैठ जा, अभी दिखाते हैं। इतनी जल...
- आप हमसे क्यों प्रसन्न हैं?...? इसलिए प्रसन्न हैं कि हम प्यास के मारे मरे जाते थे। अच्छा पानी हम पी नहीं सकते थे और गन्दा पानी तलाश क...
- आप हमसे पैसा क्यों माँगते हैं?...? आपके घर में सफाई का काम, खाना बनाने का काम, बच्चा पैदा करने का काम, चौकीदारिन का काम करेगी तथा आपसे ...
- आप हमारा कन्धा मिलाइए, आप हमारे हाथ में हाथ मिलाइए, आप हमारे कदम से कदम मिलाइए - थोड़ा सा प्रयत्न किया है - आप इसमें सहयोग कर सकते हैं?...? आप जरूर कर सकते हैं। आप मान्धाता तो नहीं हैं लेकिन इसके बनाने में कुछ तो कर सकते हैं, आप इसके निर्मा...
- आप हमारा क्या नुकसान कर सकते हैं?...? ज्यादा से ज्यादा यही कर सकते हैं कि हमारे शरीर को कोई नुकसान पहुँचा दें। कोई थोड़े बहुत पैसे का नुकसा...
- आप हमारा नाम शेखचिल्ली क्यों रखेंगे?...? इसलिए रखेंगे कि शेखचिल्ली की हैसियत और तेरी हैसियत बिल्कुल एक जैसी है। तराजू के एक पलड़े में शेखचिल्ल...
- आप हमारा ब्रह्मवर्चस शोध- संस्थान देख करके जाइए कि यहाँ कितना बड़ा रिसर्च हो रहा है?...? आप यहाँ देखिये कि नौ कुण्ड का हवन किस तरीके से होता है? आप यहाँ देखिये कि सारे हिमालय का केन्द्रीभूत...
- आप हमारी जिन्दगी के पन्ने पढ़ते हुए चले जाइये और यह देखते हुए चले जाइये कि जब से हम पैदा हुए हैं, तब से लेकर अब तक हमने क्या किया है?...? आप हमारे ज्ञान को पढ़िए, हमारी विद्या को पढ़िए। हमने दूसरों की मदद की है, उसको पढ़िए। हमने स्वयं उन...
- आप हमारी दुकान में साझेदार-हिस्सेदार क्यों नहीं बन जाते?...? अन्धे और पंगे का योग क्यों नहीं बना लेते। हमारे गुरु और हमने साझेदारी की है। शंकराचार्य और मान्धाता ...
- आप हमारी व्यवस्था बिगाड़ेंगे?...? हमने न जाने क्या-क्या विचार किया है और आप अपनी सुविधा के लिए धर्मशाला का लाभ उठाना चाहते हैं? नहीं, ...
- आप हमारी सहायता क्यों नहीं करते?...? वह भगवान से लड़ने को आमादा हो जाता है कि आपको हमारी सहायता करनी चाहिए।कामना करने वाले भक्त नहीं हो सक...
- आप हमारे इस परिजन को क्यों तंग कर रहे हैं?...? वह कहेंगे कि हम तो इन्हें नहीं जानते, हम क्यों कुछ करेंगे। इन्होंने हमारा क्या बिगाड़ा है, जो हम इन्...
- आप हमारे पीछे-पीछे आइये, जिस रास्ते पर हम चल रहे हैं और देखिये आध्यात्मिकता की शक्ति जो दुनिया में सबसे बड़ी लाभ हैं, आप उन सब लाभों को उठा सकते हैं कि नहीं?...? बेटे मैंने उन लाभों को उठाया और मैं निहाल हो गया। मैं चाहता हूँ कि आप भी उन्हीं लाभों को उठाएँ मेरे ...
- आप हमारे प्रश्नों का उत्तर दीजिए, चुप क्यों हो गये?...? मित्रो, हम कहना यह चाहते हैं कि गार्गी भी उसी प्रकार की विद्वान एवं विदुषी महिला थीं, जिस प्रकार याज...
- आप हमारे यहाँ आए "शान्तिकुञ्ज" में, तो आप खाली हाथ कैसे जा सकते हैं?...? पात्रता के अनुरूप आपको अवश्य मिलेगा। अपने आप की सफाई आप इसी दृष्टि से करेंगे। जो आप यहाँ कामना लेकर ...
- आप हमारे यहाँ आये 'शान्तिकुञ्ज' में, तो आप खाली हाथ कैसे जा सकते हैं?...? पात्रता के अनुरूप आपको अवश्य मिलेगा। अपने आप की सफाई आप इसी दृष्टि से करेंगे। जो आप यहाँ कामना लेकर ...
- आप हमारे यहाँ सन्तान नहीं पैदा कर सकते?...? हाँ, मंत्रों से सन्तान हो सकती है। पुत्रेष्टि यज्ञ का शास्त्रों में बहुत माहात्म्य बताया गया है और कह...
- आप हमारे यहाँ सन्तान नहीं पैदा कर सकते?...? हाँ, मंत्रों से सन्तान हो सकती है। पुत्रेष्टि यज्ञ का शास्त्रों में बहुत माहात्म्य बताया गया है और कह...
- आप हमारे वानप्रस्थ शिविर में आ करके क्या फायदा उठाएँगे?...? महाराज जी! बोलने की शैली आ जाए बस। बोलने की शैली बेटे! एक छोटी-सी, जरा-सी बात है, 'तिल के पीछे ताड़'...
- आप हमारे वानप्रस्थ शिविर में आ करके क्या फायदा उठाएँगे?...? महाराज जी! बोलने की शैली आ जाए बस। बोलने की शैली बेटे! एक छोटी सी, जरा भी बात है, 'तिल के पीछे ताड़ ...
- आप हमारे सम्पर्क में हैं, आप जुड़े हुए हैं, गुरुजी से और आप अज्ञानी ही बने रहेंगे?...? अज्ञानी नहीं। आप ज्ञानवान की पंक्ति में आइए, आप आगे-आगे चलिए और पीछे हम हैं। आपकी पीठ थपथपाएँगे, आपक...
- आप हमें अन्यान्य भाषा-भाषियों के पास भेजते हैं तो हम दुभाषिए के पास भेजते हैं, तो हम दुभाषिए कहाँ से लाएँगे?...? हमें भेजने की आवश्यकता क्या है? किसी और को भेज दीजिए, जो उन लोगों की भाषा को समझ सकता हो। उन्होंने ह...
- आप हमें बुलाएँगे तो दान-दक्षिणा देंगे कि नहीं?...? आप पेट्रोल का खरच तो देंगे ही। हाँ साहब! हम देंगे। अच्छा तो यह पक्की बात है। आप शंकर भगवान् को बुलान...
- आप हमें लड़ाई-झगड़े में क्यों फँसाते हैं?...? इस पर श्रीकृष्ण भगवान ने अर्जुन को खूब गालियाँ सुनाईं और कहा, ‘तू क्लीव है, नपुँसक है, तू ऐसा है, तू...
- आप हमें लड़ाई झगड़े में क्यों फँसाते हैं?...? इस पर श्रीकृष्ण भगवान ने अर्जुन को खूब गालियाँ सुनाईं और कहा- ''तू क्लीव है, नपुंसक है, तू ऐसा ह...
- आप हमें सन्तान पाने का, लक्ष्मी पाने का और मुकदमा जीतने का मंत्र बताइये?...? पागल हो गया है क्या? हमको मंत्र कहाँ आते हैं? तो फिर आपका नाम प्रधानमंत्री क्यों है? बेटे, मंत्र क...
- आप हर चीज को अपनी मानना शुरू कीजिए, फिर देखिए कि वह आपको प्यारी लगेगी कि नहीं?...? अपना बच्चा काला कुरूप होता है, नाक टपकती रहती है, पेट भी बढ़। हुआ होता है, बहुत भी बुरी आदतें भी होती...
- आप हर समय मुसकराने की कोशिश कीजिए, बनावटी ही मुसकराहट, फिर देखिए आपके स्वभाव में किस तरह परिवर्तन होता है?...? मन को हल्का-फुल्का रखें, खिलाड़ी की तरह जिन्दगी जिएँ, नाटक के तरीके से अभिनय तो आप कीजिए; पर इतने ज्य...
- आप हरेक की खुशामद करेंगे?...? हरेक की मर्जी को पूरा करेंगे? अपनी मर्जी पूरी करेंगे? मर्जियों की ओर ध्यान मत दीजिए। औचित्य पर ध्यान...
- आप हवा में उड़ते हुए पत्तों की तरीके से उड़ते हुए चले जाएँ भला ये भी कोई समझदारी हुई?...? आपको वजनदार होना चाहिए। आपका गौरव होना चाहिए। आपका वजन होना चाहिए। गौरव का मतलब वजन होता है, भारीपन ...
- आप हाथ-पाँव जोड़ते हैं कि नहीं?...? हमें क्या मतलब है इससे। जोड़ेंगे तो हम क्या करेंगे? वह तो इसलिये कि हमारी उदारता में कमी न आने पाये, ...
- आप हिंदुओं तक ही सीमित क्यों रह जाते?...? हमारे यहाँ क्यों नहीं आते? सब बेकार की बकवास है।
मित्रो! ईसाई से हमने यह पूछा कि हनुमान जी के बा...
- आप हिमालय गये थे, तो क्या-क्या चमत्कार सीखकर आये?...? ले बेटे, देख ले, तेरे बालों में से अभी कबूतर निकालकर दिखा देते हैं। आऽऽहा! बस, बाबा! असली कबूतर तो...
- आप हिसाब लगाइए कि इनसे लड़कर हम फतह कैसे पा सकेंगे?...? जीत कैसे सकेंगे? तब भगवान ने उससे कहा था कि देखो अर्जुन, इन सबको तो मैंने पहले से ही मारकर रखा है। औ...
- आप ही बताइए कि क्या करना चाहिए?...? मेरी पत्नी ने कहा है कि आपकी कृपा हो जाए तो सब कुछ हो सकता है। उसने कहा है कि आचार्य जी को लोग जानते...
- आप ही बताइए कि भविष्य के लिए क्या करना चाहिए?...? हाँ बेटे! इस समय जहाँ आप खड़े हुए हैं, वहाँ दो बातें सामने हैं। इस समय उनमें से एक बात को कम महत्त्व...
- आप ही बताइए कि सही बात क्या है?...? बेटे, पेड़ की जड़ें जमीन में होती हैं, जो दिखाई नहीं पड़ती। ये जड़ें जमीन से रस चूसती हैं और उसे चूस...
- आप ही बताइए कि सही बात क्या है?...? बेटे, पेड़ की जड़े जमीन में होती हैं, जो दिखाई नहीं पड़तीं। ये जड़े जमीन से रस चूसती हैं और उसे चूसने...
- आप ही बताइए तब बरतन पकेंगे क्या?...? सब बिगड़ जाएगा। इसलिए आप बाहर की चिन्ता न कीजिए और न मन को बाहर भागने दीजिए।...
- आप ही बताइए?...? जमीन पर तो जरूर सोते थे, मामूली कपड़े तो जरूर पहनते थे; पर कमी थोड़े ही थी! नहीं पहनते थे, यह अलग बात ...
- आप ही बताइये कि मेरे बारे में यह जो अफवाहें फैलाई हुई हैं, यह मेरे गौरव के अनुरूप हैं या नहीं?...? यह तो आपके गौरव को गिराती हैं। आपको समझदार लोगों की आँखों में गिराती हैं। समझदार आदमी तो यह समझेगा क...
- आप ही बताइये साहब, हमने तो कभी देखा भी नहीं है कि आचार्य जी का साहित्य कैसा हैं?...? उन्होंने सारे के सारे स्कूल एवं कॉलेज की लाइब्रेरियों, शिक्षण-संस्थाओं में हमारे साहित्य को रखने की ...
- आप ही बताइये?...? ध्यान कैसे करें? मित्रो! हो सकता है, श्रीकृष्ण भगवान् ऐसे रहे हों- काले से और ऐसा छोटा सा मुँह, छो...
- आप ही बताइये?...? उनको हम कहाँ रख सकते हैं। जीवट पैदा करना है—सत्संग का उद्देश्य इसलिए मित्रो! उन लोगों के लिए कोई स्थ...
- आप ही बताइये?...? नहीं, सब बिगड़ जाएगा। इसलिए आप बाहर की चिन्ताओं को भूल जाइये। न शरीर को बाहर घूमने दीजिए, न मन को बाहर...
- आप ही बताएँ अगर कोई बच्चा माँ के पट में दंगल मचाये और कहे मम्मी मैं तो नौ महीने पेट में नहीं रह सकता, जरा आप छुट्टी दे दो, मैं बाजार में घूमकर आऊँगा, तो आप समझ सकते हैं, बच्चे का क्या हाल होगा और कुम्हार के बर्तन?...? बर्तन अगर चुपचाप न बैठे रहें, ये कहें दिन में बाजार में घूमा करेंगे, रात को अवे में आ जाया करेंगे, त...
- आप ही बैठकर खाएँगे?...? नहीं, यह मत कीजिए। हमारा कहना मानिए। इस मिठाई को सभी बच्चों में बाँट दीजिए। नहीं साहब! बच्चे तो कमात...
- आप ही लिखते हैं?...? हम ही लिखते हैं। ये कैसे हो गया? इतने लम्बे जीवन का आप हिसाब लगा लीजिए। मैं आपको हिसाब लगाकर बता सकता...
- आप ही लिखते हैं?...? हम ही लिखते हैं। ये कैसे हो गया? इतने लम्बे जीवन का आप हिसाब लगा दीजिए। मैं आपको हिसाब लगाकर बता सकता...
- आप हीटर जलाते हैं, कितनी बिजली जल जाती है?...? ढाई रुपये की और ये हीटर कितने रुपये में आता है?
मित्रो! आसमान से लाइट बरसती है, रोशनी बरसती ह...
- आप हीटर जलाते हैं, कितनी बिजली जल जाती है?...? दाई रुपए की और ये हीटर कितने रुपए में आता है?मित्रो! आसमान से लाइट बरसती है, रोशनी बरसती है, आक्सीजन...
- आप हुकुम चला रहे थे हमारे ऊपर?...? हाँ साहब, हम तो हुकुम चलाएँगे आपके ऊपर, हम तो चेला हैं। बड़ा आया चेला।
अपने मन को भगवान के सा...
- आप हुकुम चला रहे थे हमारे ऊपर?...? हाँ साहब, हम तो हुकुम चलाएँगे आपके ऊपर, हम तो चेला हैं। बड़ा आया चेला। अपने मन को भगवान के साथ जोड़ दे...
- आप हुकुम चलाते हैं?...? आप भगवान् के बॉस हैं? आप भगवान् पर हुकुम चलाना चाहते हैं? आप भगवान् को अपनी मर्जी पर चलाना चाहते हैं...
- आप हुक्म दीजिए कि हमें क्या करना चाहिए?...? उपासना इसी चीज का नाम है और कोई उपासना नहीं होती। यह विशुद्ध रूप से विचारपरक है, भावनापरक है, आस्थाप...
- आप हैं कौन?...? हमें बतलाइये। भाषण से क्या होगा? आप हमारी बात मानिये। आपको बोलना नहीं आता है तो हम क्या करें? आप प...
- आप हैं कौन?...? जरा शीशे में मुँह देख करके आना। अजी साहब। ये तो वही चेहरा है जो देवी को नारियल खिलाते हैं और हम वह...
- आप हैं कौन?...? हमें बतलाइये। भाषण से क्या होगा? आप हमारी बात मानिये। आपको बोलना नहीं आता है तो हम क्या करें? आप पोस...
- आप, आप क्या करें?...? फिर बुराइयों को बर्दाश्त करें। नहीं, नहीं ये तो नहीं कहता, बुराइयों को बर्दाश्त करें।
आप बुराइयों ...
- आपका अभी सिर दर्द हो रहा है और अभी बन्द हो जाये तो?...? महाराज जी! यह जादू है। हाँ बेटे, हम जादूगर हैं। आपका बुखार बन्द कर देंगे और हार्ट की बीमारी बन्द कर ...
- आपका अन्न कैसा है?...? महाराज जी! अन्न में तो मिर्च भी है, मसाले भी हैं। होटल में भी खाता हूँ। बेटे, यह तो सब उत्तेजक हैं...
- आपका अपनी मनःसम्पदा के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आपका अपने बच्चों के प्रति क्या कर्तव्य है? आपको जो धन मिला हुआ है, साधन मिले हुए हैं, उसके प्रति क्य...
- आपका अपने बच्चों के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आपको जो धन मिला हुआ है, साधन मिले हुए हैं, उसके प्रति क्या कर्तव्य है? आपका अपने समाज के प्रति क्या ...
- आपका अपने मन:सम्पदा के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आपके अपने बच्चों के प्रति क्या कर्तव्य है? आपको जो धन मिला हुआ है, साधन मिले हुए हैं, उसके प्रति क्य...
- आपका अपने समाज के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आप केवल कर्तव्यों पर विचार करें और अधिकारों की उपेक्षा करने लगें, तो मैं ये कहूँगा कि सच्चे अर्थों म...
- आपका अहं कहाँ रह गया?...? बेटे, आपकी ये इच्छाएँ कभी पूरी नहीं हो सकतीं।
श्रेष्ठ जीवन जीने की महत्त्वाकाँक्षा
ल...
- आपका अहंकार क्या करता है?...? वो अहंकार ये करता है कि आदमी को संगठित नहीं होने देता। हर आदमी में संगठित होने की शक्ति है। स्वतंत्र...
- आपका इशारा क्या होगा और आप क्या करायेंगे?...? हम भगवान के यहाँ से आते हैं, भगवान ने हमारे जिम्मे सिद्धान्त दिये हैं, आदर्श दिये हैं। उन आदर्शों और...
- आपका इष्ट क्या है?...? हमारे इष्ट शंकर भगवान हैं। आप क्या बनना चाहते हैं? इष्ट के माध्यम से आप अपने जीवन का यह लक्ष्य न...
- आपका इष्ट क्या है?...? देवी। आपका इष्ट क्या है? रामचंद्र जी। आपका इष्ट क्या है? गणेश जी। सबके इष्ट होते हैं न? हाँ साहब! क्...
- आपका ईमान तो वही है?...? संस्कार तो वही है?तो ये कह रहा था मैं आपसे, स्वर्गलोक जाने की अपेक्षा अच्छा होता इसी जन्म में आप स्व...
- आपका उद्देश्य क्या है?...? आपका उद्देश्य यह है कि हम भगवान जी का नाम लें, तो क्या हो जाएगा? भगवान जी समझेंगे कि हमारी बड़ी प्रशं...
- आपका उद्देश्य यह है कि हम भगवान जी का नाम लें, तो क्या हो जाएगा?...? भगवान जी समझेंगे कि हमारी बड़ी प्रशंसा कर रहा है—बड़ी प्रशंसा कर रहा है। भगवान जी प्रसन्न हो जाएँगे। प...
- आपका एक यह भीतरी मोर्चा है, जिस पर आपको चलना है और बाहर का मोर्चा?...? हाँ बेटे, मैं बाहर का भी बताता हूँ। आपके घर के भीतर जो दुष्ट परम्पराएँ चलती हैं, मैं उसके लिए भी आ...
- आपका और उनका क्या मुकाबला?...? बेचारा कर्ण जब कभी आवेश में आता, तभी वह शल्य ऐसी फुलझड़ी छोड़ देता कि उसका खून ठंडा हो जाता। आपने भी...
- आपका और उनका क्या मुकाबला?...? बेचारा कर्ण जब कभी आवेश में आता, तभी वह शल्य ऐसी फुलझड़ी छोड़ देता कि उसका खून ठंडा हो जाता। आपने भी ...
- आपका कहना नहीं मानेंगे तो किसका मानेंगे?...? आप ही हमारे हैं और हम आपके हैं। मित्रो! यह उपासना है हमारी, जिसने हमारी अन्तरात्मा को भक्ति से भर दिय...
- आपका कहना मानना चाहिए या माँ का?...? भगवान ने कहा—हमारा। शंकराचार्य ने निश्चय कर लिया और क्या से क्या बन गये? कितनी शानदार जिन्दगी उनकी व...
- आपका काम कैसे करूँगा?...? सम्राट मान्धाता उनके पास आए। उन्होंने कहा शंकराचार्य! आप शंकर दिग्विजय करने के लिए विश्व में जा रहे ...
- आपका कुटुँब कहाँ है?...? कितना बड़ा है। गुरुजी! हमारा कुटुँब बहुत बड़ा है। परिवार में अनेक सदस्य हैं। बेटे! उसे घर नहीं, जेलख...
- आपका कैसा भजन और कैसी भक्ति हो सकती है?...? बेटे! न ये भजन है, न ये भक्ति है। ये भजन का ढोंग है। और ये भजन की विडम्बना है, जो हमने और आपने पकड़ र...
- आपका कोई त्याग-बलिदान है?...? हाँ साहब! हमारा बहुत बड़ा त्याग-बलिदान है। हमने समाज की बड़ी सेवा की। हम दो वर्ष के लिए जेल गए। हाँ ...
- आपका कौन-सा इष्ट है?...? साहब! हमारे इष्ट हैं—हनुमान और आपका इष्ट क्या है? देवी। आपका इष्ट क्या है? रामचंद्र जी। आपका इष्ट क्...
- आपका क्या कहना?...? आपको हम कहना चाहते हैं कि आपसे हमें शिकायत नहीं हैं। आप शंकर जी के मन्दिर में जाते हैं या नहीं, यह हम...
- आपका क्या काम बना दें?...? हमारा किरायेदार से मुकदमा चल रहा है, मकान खाली करवा दीजिए। अच्छा यह मामला है। हाँ साहब! तो आप दबाव...
- आपका क्या ख्याल है कोई अपनी जवान लड़की को जो पढ़ी-लिखी भी है, सुन्दर है, सुयोग्य है किसी माँगने वाले को सुपुर्द कर देगा क्या?...? न, नहीं करेगा। क्यों? बिचारा प्यासा फिर रहा है। कोई अच्छा जमाई मिल जाए तो पैसे भी देंगे, खुशामद भी ...
- आपका क्या ख्याल है, कोई अपनी जवान लड़की को, जो पढ़ी-लिखी भी है, सुन्दर भी है, किसी आवारा के सुपुर्द कर देगा क्या?...? नहीं करेगा; क्योंकि वह तो बेचारा प्यासा फिर रहा है कि कोई अच्छा-सा जमाई मिल जाए, तो हम पैसे भी देंगे...
- आपका क्या ख्याल है?...? आप बताना कि हम जहाँ भी गए हैं, वहाँ कितने आदमी आए हैं। अभी भी हम 10-15 जगह होकर के आए हैं। अभी महीना...
- आपका क्या ख्याल है?...? आपका बहुत छोटा ख्याल है। जैसी आपकी तबियत, वैसा आपका भगवान, वैसा आपका विधान। आपका उद्देश्य क्या है? आ...
- आपका क्या मतलब है?...? बेटे! इसका मतलब यह है कि अभी तक हमारी प्रेरणा का केन्द्र बहुत ही छोटा और घटिया रहा है। अब आप इसको बदल...
- आपका क्या मतलब है?...? यह रोटी ही रखी है आपके सामने। मिठाई रखी हैं, पूड़ी-कचौड़ी रखी हैं। आपका क्या मतलब है? नहीं केवल रोटी ख...
- आपका क्या मामला है?...? आप बताइए। वसिष्ठ जी की जीवात्मा का हम आह्वान करते हैं और पूछते हैं कि बताइए साहब! हम क्या काम करें? ...
- आपका क्या मामला है?...? अरे साहब! हमारी मम्मी जान के पीछे हाथ धोकर पड़ी थी। कहती थी कि बेटे का ब्याह करूँगी। बेटे के पोता पै...
- आपका क्या यही ख्याल है कि सिद्धियाँ और ऋद्धियाँ पाने के लिए हम तप कर रहे हैं?...? नहीं बेटे, यह तो हमने बहुत पहले से ही प्राप्त कर लिए थे। स्वर्ग हमारी निगाहों में है। हमारी आँखों ...
- आपका क्या हाल है?...? अरे साहब! हम तो काम करते- करते मरे जाते हैं। आपको तो टाइम है, पर हमको जरा भी टाइम नहीं है। नहीं सा...
- आपका क्यों कारगर हो गया?...? पाण्डव पूछने लगे एकलव्य से। उसने कहा—मिट्टी के साथ में हमारी जुड़ गई है श्रद्धा। सुनते हो कि नहीं श्र...
- आपका खुद का मकान है कि नहीं?...? आप कहाँ तक पढ़े हुए हैं? आपके पास कितने कुटुम्बी हैं? आपको सफलता मिली कि नहीं मिली। आप कैसा डिवीजन ला...
- आपका खेल-खिलौना देखने की उनको फुरसत कहाँ है?...? उनको एक ही चीज देखने की फुरसत है कि आपके अन्दर पात्रता कितनी है? आपको कोई सुख मिला या और कोई दूसरी बा...
- आपका खेल-खिलौना देखने को उनको फुरसत कहाँ है?...? उनको एक ही चीज देखने की फुरसत है कि आपके अन्दर पात्रता कितनी है। आपको कोई सुख मिला या और कोई दूसरी बा...
- आपका गुरु हमको दे देगा?...? नहीं बेटे, आपको नहीं देगा। गुरु जी आप हमको अपने गुरु जी का साक्षात्कार करा दें। हाँ बेटे, हम दर्शन त...
- आपका गुरु हमको दे देगा?...? नहीं बेटे, आपको नहीं देगा। गुरु जी आप हमको अपने गुरु जी का साक्षात्कार करा दे। हाँ बेटे, हम दर्शन तो...
- आपका जमा क्या है?...? हाँ जमा है, तो हमारा जमा कर लेते? नहीं बेटे! कोई चोर छीन ले जाएगा, इसलिए हम पैसे अपने पास नहीं रखते।...
- आपका जमा क्या है?...? हों जमा है, तो हमारा जमा कर लेते? नहीं बेटे, कोई चोर छीन ले जाएगा, इसलिए हम पैसे अपने पास नहीं रखते।...
- आपका जीवन लक्ष्य क्या है?...? जो भी आपका लक्ष्य है, जो कुछ भी आपको बनना है, उसके लिए एक- एक शक्लें बना दी गयीं हैं। आपको पराक्रम...
- आपका जो बैरी था, उसने पहले आपका कितना नुकसान किया था?...? पहले मालूम पड़ता था कि वह बहुत बड़ा नुकसान करेगा, लेकिन पीछे पता चला कि वह आपका कुछ नहीं बिगाड़ सका। बे...
- आपका ज्ञान का दायरा कैसे बढ़ेगा?...? आपकी बुद्धि का विकास कैसे होगा? इसीलिए यहाँ आत्म निर्माण के लिए भी ढेरों काम करना है। स्वास्थ्य आपका...
- आपका देवता कौन?...? बस वो जो नवरात्रि चल रही है न? सब जगह जाकर के देखिए आप! वहाँ क्या हो रहा है? चण्डी का पाठ हो रहा है?...
- आपका धर्मपत्नी के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आपका शरीर के प्रति क्या कर्तव्य है? आपका अपने मन:सम्पदा के प्रति क्या कर्तव्य है? आपके अपने बच्चों क...
- आपका धर्मपत्नी के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आपका शरीर के प्रति क्या कर्तव्य है? आपका अपनी मनःसम्पदा के प्रति क्या कर्तव्य है? आपका अपने बच्चों क...
- आपका पेट कितना छोटा-सा है?...? चार रोटी खाते हैं आप? छह रोटी खाकर दिखलाइए। कपड़ा, कुर्ता आप कितना पहनते हैं? चार गज का? अच्छा आप बाइ...
- आपका पेट फटा नहीं?...? सिगरेट के बण्डल खाली करते रहते हैं, आपको शरम नहीं आती? आपको ख्याल नहीं आया कि हमारी बहन के घर में कैस...
- आपका बैंक में एकाउंट है?...? नहीं साहब! बैंक में तो कोई एकाउंट नहीं है, तो फिर किस बात के माँगते हैं। दर्शन की फिलॉसफी नहीं समझते...
- आपका बैंक में एकाउंट है?...? नहीं साहब! बैंक में तो कोई एकाउंट नहीं है, तो फिर किस बात के माँगते हैं। दर्शन की फिलॉसफी नहीं समझते...
- आपका भगवत् भजन क्या है, आपकी सन्तोषी माँ की पूजा क्या है, आपका हनुमान चालीसा क्या है बताइए जरा?...? सारी-की धुरी का जब हम पोस्टमार्टम करते हैं, विश्लेषण करते हैं तो आज का अध्यात्म, पुरातन नहीं, पूरी त...
- आपका भगवत् भजन क्या है, आपकी सन्तोषी माँ की पूजा क्या है, आपका हनुमान चालीसा क्या है बताइए जरा?...? सारी की सारी धुरी का जब हम पोस्टमार्टम करते हैं, विश्लेषण करते हैं तो आज का अध्यात्म, पुरातन नहीं, प...
- आपका भगवान कौन सा है?...? साहब! लम्बी मूँछों का। आपका भगवान? लम्बी पूँछ वाला। आपका भगवान? दाढ़ी रखाए हुए। आपका भगवान? खप्पर लिए ...
- आपका भगवान कौन है?...? कोई आपका रिश्तेदार है भगवान? साला है? भगवान आपका कोई नहीं है। भगवान तो आपके लिए वह साधन है जिससे आ...
- आपका भविष्य किन बातों से बनता है और किन बातों से नहीं बनता है?...? अगर आप यह बात तय करने लगेंगे, तो मैं आपको ज्ञानवान कहूँगा। ज्ञानवानों की कहानी आपने पढ़ी है न? भगवान ...
- आपका भाई कमाने वाला है, आपने इतना कमा लिया है, तो फिर क्यों आप उसमें पड़े हैं?...? आप उसमें से तो निकलकर आइए? आपको मिशन माँगता है, गुरुजी माँगते हैं और हम आपको माँगते हैं कि आप आ जाइए...
- आपका भानजा, जो गरीबी में दिन काट रहा है, उसको क्यों नहीं मिलना चाहिए?...? नहीं साहब! उसको नहीं मिलना चाहिए, मेरे बेटे को मिलना चाहिए। बेटे और उसमें क्या फरक है? नहीं साहब! बे...
- आपका भी बनने का मन है क्या?...? तो लीजिए डाकूपन बन्द कीजिए आज से और आज से सन्त की जिन्दगी व्यतीत कीजिए। डाकू था, तब डाकू था; लेकिन ज...
- आपका भोजन केवल जिह्वा की तृप्ति मात्र के लिए तो नहीं होता?...? अत्यन्त खेद के साथ कहना पड़ता है कि इसमें से अधिकांश भोजन सामग्री के विवेकपूर्ण चुनाव की ओर समुचित ध्य...
- आपका मकसद तो यहाँ उद्घाटन कराने का था?...? हाँ बेटे, उद्घाटन तो कराना चाहता हूँ, लेकिन जिस उद्घाटन को आप लोग करने के लिए आए हैं, वह एक सामयिक घ...
- आपका मकसद तो यहाँ उद्घाटन कराने का था?...? हाँ बेटे, उद्घाटन तो कराना चाहता हूँ लेकिन जिस उद्घाटन को आप लोग करने के लिए आए हैं, वह एक सामयिक घट...
- आपका मकान बिकाऊ है?...? हाँ! कितनी कीमत है? बीस लाख रुपये। अच्छा साहब! तैयार हैं? हाँ, कल रुपये लेकर आऊँगा। फिर उसने विचार क...
- आपका मन किस भगवान् में पड़ा हुआ है?...? भगवान् का जैसा स्वरूप आप निर्धारित कर लेंगे, वही तो आयेगा।...
- आपका मन क्यों नहीं लगता?...? वजह क्या है? आपका कोई लक्ष्य थोड़े ही है। मन हमेशा एक काम में लगता है, जो जीवन का लक्ष्य है।...
- आपका मन नहीं लगता और आप समय भी नहीं लगाते, क्यों?...? क्योंकि आपके भीतर निराशा छाई हुई है। किस बात की निराशा? आपके भीतर वाले ईमान ने कहा—बेकार की बात है। ...
- आपका यह आत्मबल कब पैदा हो सकता है?...? जब आपके अन्दर शिव और शक्ति का उदय हो जाएगा, तब। शक्ति कौन हैं? पार्वती हैं। पार्वती से क्या मतलब है? ...
- आपका यही कहना है ना?...? जी हाँ, यही कहना है?
हमारी शिकायत, भगवान का जवाब
मित्रो! नारद जी भी यही कहते थे। नार...
- आपका यही ख्याल है न?...? नहीं साहब! हमारा यह ख्याल नहीं है। मित्रो ! मेरी जिन्दगी के दिन इतने नजदीक आते चले जा रहे हैं कि मैं ...
- आपका ये अखण्ड कीर्तन बन्द हो जाए तो आपकी नाराजगी है?...? नहीं, मुझे कोई नाराजगी नहीं है, मुझे बहुत प्रसन्नता है। ये कौन से मन्दिर, भिन्न-भिन्न देवियों के मंद...
- आपका ये अखण्ड कीर्तन बन्द हो जाए तो आपको नाराजगी है?...? नहीं मुझे कोई नाराजगी नहीं है, मुझे बहुत प्रसन्नता है। ये कौन से मन्दिर, भिन्न-भिन्न देवियों के मन्दिर...
- आपका ये कौन लगता है?...? कोई नहीं लगता। क्यों साहब, फिर ये आपके कमरे में क्यों रहते हैं? कशिश ने इन्हें खींच लिया। जुआरी के प...
- आपका ये कौन लगता है?...? ? कोई नहीं लगता। क्यों साहब, फिर ये आपके कमरे में क्यों रहते हैं? कशिश ने इन्हें खींच लिया। जुआरी के...
- आपका ये ख्याल है कि लोगों की सांसारिक दिक्कतें और सांसारिक कठिनाइयाँ होने की वजह से आदमी की जीवात्मा की तरक्की में रुकावट होती है?...? क्या रुकावट होती है? मुझे बताइये न? पैसे की वजह से रुकावट होती है।...
- आपका वंश डूबता है, तो डूब जाए, ऐसे वंश से क्या फायदा?...? ऐसा स्वार्थी आदमी जो अपनी बीबी के पेट से निकले बच्चे को ही अपना बच्चा समझता है तथा बाकी बच्चों को बक...
- आपका व्यवहार जो इस समय हुआ है—आप देखना कि बुढ़ापे में आपकी बहू और आपकी पत्नी कैसे गुस्सा निकालती हैं?...? अगर घर में लोग आपस में प्रेम करना सीखते, मोहब्बत करना सीखते तो मजा आ जाता तथा उनका जीवन धन्य हो जाता...
- आपका शरीर कितने हार्सपावर का है?...? साहब! हमारा शरीर डेढ़ हार्सपावर का है। आपका पौने दो हार्सपावर का है और आपका आधे हार्सपावर का है। इस त...
- आपका शरीर के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आपका अपने मन:सम्पदा के प्रति क्या कर्तव्य है? आपके अपने बच्चों के प्रति क्या कर्तव्य है? आपको जो धन ...
- आपका शरीर के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आपका अपनी मनःसम्पदा के प्रति क्या कर्तव्य है? आपका अपने बच्चों के प्रति क्या कर्तव्य है? आपको जो धन ...
- आपका शरीर दुबला है, तो अब हम कैसे मोटा बना दें?...? इसलिए जो चीज सम्भव नहीं है, वह सम्भव कैसे हो सकती है? आकृतियाँ नहीं बदल सकतीं आदमी की, प्रकृति बदल सकत...
- आपका सामान कहाँ है?...? अरे भाई! गरमी के दिन हैं, सामान की क्या जरूरत है? अरे साहब! आजकल बड़ी भीड़ है। सारी जगह भरी हुई है। ...
- आपका सामान कहाँ है?...? अरे भाई! गरमी के दिन हैं, सामान की क्या जरूरत है? अरे साहब! आजकल बड़ी भीड़ है। सारी जगह भरी हुई है। कह...
- आपका सारा ध्यान यहीं इकट्ठा होना चाहिए कि क्या हम अपने आपको एक मजबूत ठप्पे के रूप में बनाने में समर्थ हो गए?...? गीली मिट्टी को आप लाना। ठप्पे पर ठोंकना, तख्ते पर लगाना वह वैसे ही बनता हुआ चला जाएगा, जैसे हमारे ये...
- आपका स्वर्ग से कुछ वास्ता है क्या?...? आप तो ताकत की बात पूछते हैं, दौलत की बात पूछते हैं। हनुमान जी को दौलत मिली कि नहीं मिली? रामचन्द्र ज...
- आपका स्वास्थ्य कैसा है?...? अच्छा है। डॉक्टर रोज बताते हैं कि ब्लड प्रेशर की शिकायत है। नमक बन्द कीजिए। गुर्दे की शिकायत है, नमक ...
- आपका ही है तो आप नहीं समझते क्या?...? मैं तो कहूँगी उनका लाखों गुना, करोड़ों गुना अनुदान बरसता रहा और अभी भी बरसता है। पत्नी के लिए माँगा ...
- आपका है, तो करके दिखाइये?...? पुलिस आ जाएगी और आपकी रिपोर्ट कर देंगे। ये हमारा झण्डा है, राष्ट्रीय झण्डा है। अपने घर पर लगा रखा है...
- आपकी कितनी सम्पत्ति और कितनी जायदाद है?...? मैं कागज-पेंसिल लेकर बैठ गया और पूछा कि आप अपनी फैक्ट्री के, मशीनों के और अपनी जायदाद के दाम बताइय...
- आपकी बीबी भयंकर है और गाली देने वाली है, तो आपका क्या बिगाड़ सकती है?...? आपको मैं कितनी बार एक किस्सा सुनाता रहा हूँ। सन्त तुकाराम का किस्सा न जाने कितनी बार सुनाया है। एक ...
- आपकी अकल में क्या जंग लग गई?...? नहीं बेटे, जंग नहीं लग गई। आप नई शक्ति लेकर के जाइए।
आज आत्मसमीक्षा का दिन है। आज आत्मसमीक्षा कीज...
- आपकी अकल कहाँ चली गई थी?...? आपने क्यों दिया? हमको गालियाँ पड़ीं और आपका घी चला गया।क्यों रे अभागे! घी लेने ऐसे ही चला गया था...
- आपकी अकल का क्या कहना?...? वह गवाह जो आपसे मुद्दा ले गया है, आपने उसके ऊपर से अब यह वहम हटा दिया है कि झूठ नहीं बोलना चाहिए। 'झ...
- आपकी अकल का मुकाबला कोई और कर सकता है क्या?...? नहीं और कोई नहीं कर सकता सिवाय कौआ के? कौआ बड़ा अकलमन्द होता है, बहुत चालाक होता है। मनुष्य की सारी ...
- आपकी अटैची कहाँ है?...? बेडिंग कहाँ है। नहीं साहब! हमारे पास तो अटैची नहीं है और बेडिंग भी नहीं है। अच्छा तो धर्मशाला में ...
- आपकी अपनी आवश्यकताएँ ही पूरी नहीं हो पा रही हैं, तो आप दूसरों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए कहाँ से लाएँगे?...? इसलिए भी कि हमारे आर्थिक खरचों के हिसाब से मितव्ययिता को बरतना आध्यात्मिक जीवन के लिए आवश्यक है और य...
- आपकी आँखें भी बरकरार हैं; फिर क्यों दीपक जलाते हैं और क्यों पैसा खराब करवाते हैं?...? मित्रो! सवाल इतना छोटा सा है, लेकिन इसके निहितार्थ बहुत गूढ़ हैं। इसका सम्बन्ध भावनात्मक स्तर के वि...
- आपकी आवश्यकताएँ क्या हैं, जरा बताना?...? मुट्ठी भर आपकी आवश्यकताएँ हैं। चार रोटी आप खाते हैं। चार रोटी तो आप दो घण्टे की कमाई में खा सकते हैं।...
- आपकी इच्छा क्या है?...? अरे बाबा एक कोने में रखिए, आपकी इच्छा क्या है? हम कहते हैं अपनी इच्छा को (ए) एक कोने में रखिए।...
- आपकी इच्छा क्या हैं?...? अरे बाबा! एक कोने में रखो आपकी इच्छा क्या है? हम कहते हैं—अपनी इच्छा को एक कोने में रखिये। भगवान की ...
- आपकी इच्छा क्यों नहीं हुई?...? बेटे! इच्छा तो थी, पर एक ही इच्छा थी—राम काजु कीन्हें बिनु मोहि कहाँ विश्राम।
सलाह लें दिव्य...
- आपकी इच्छाएँ क्या हैं?...? आप यह सभी कुछ हमें बताइए। गुरुजी! आप तो जानते ही हैं कि हमारा टेस्ट क्या है। आपको तो हमारी सब इच्छाए...
- आपकी इतनी उमर हो गई?...? जिस भाव से आपको आज गेहूँ मिलता है, चावल, घी मिलता है, क्या आपने इससे पहले कभी सुना था? नहीं, कभी नही...
- आपकी उन्नति में कौन-कौन सहायक हुआ है?...? बेटे! आध्यात्मिक दृष्टि से गायत्री मंत्र हुआ है, किन्तु इन सबके पीछे जो चमत्कार आपको दिखाई देता है,...
- आपकी उम्र कितनी है?...? बेटे, मेरी उम्र सत्ताईस साल हो सकती है। अरे साहब! अभी तो आप कह रहे थे कि आपकी उम्र सड़सठ साल की है। ह...
- आपकी औकात क्या है?...? स्थूलशरीर का वजन और वकत जो ली जाती है, वह उसके कर्मों के आधार पर ली जा सकती है। उसकी वकत को शक्ल के ...
- आपकी औकात क्या है?...? स्थूल शरीर का वजन और वकत जो ली जाती है, वह उसके कर्मों के आधार पर ली जा सकती है। उसकी वकत को शकल के ...
- आपकी कठिनाइयों को दूर करने में, आपको वरदान और आशीर्वाद देने में कहाँ समर्थ हो सके?...? आपकी दिक्कतें जहाँ की तहाँ हैं और आपकी कठिनाइयाँ जहाँ की तहाँ हैं। हमारा वरदान आपके क्या काम आया? ...
- आपकी कौन सी बात है?...? हमारी बात यह है कि बादल समुद्र में से पैदा होते हैं। नहीं साहब! बादल तो ऊपर से सूरज पर से आते है...
- आपकी क्या आमदनी है?...? मैं नहीं जानता।
मैं तो यह कहता हूँ कि आमदनी आपकी ज्यादा है, तो किसी और काम में खरच करिए। हमारी आ...
- आपकी क्या इच्छा है?...? आपका मन किस भगवान् में पड़ा हुआ है? भगवान् का जैसा स्वरूप आप निर्धारित कर लेंगे, वही तो आयेगा।...
- आपकी क्या ताकत है, जो आप मुझे खा सकती हैं?...? आप नहीं खा सकतीं। मेरे गुरु ने मेरे अन्दर इतना साहस और इतना बल भर दिया है कि आप खा नहीं सकतीं। आपको ...
- आपकी क्या मंशा थी?...? जरा बताइए तो सही, जिससे हम भी आपकी मदद करें। अरे साहब! दो ही मंशाएँ हैं, तीसरी कोई मंशा नहीं है। पैस...
- आपकी क्या माँग थी?...? साहब! पंद्रह पैसे की एक खपच्ची फाड़कर ले गए और वहाँ जो पेड़ थे, उन पर रस्सी से बाँधकर आए और यह कहकर ...
- आपकी क्या राय है?...? सबने कहा—''गुरुजी ! अगर आप ईमानदारी से धन इकट्ठा करना चाहते हैं तो पेट भरने लायक रोटी आपको मिल सकती ...
- आपकी क्रिया में और दृष्टि में फरक हुआ तब?...? तो आपका अनाथ पालन ऐसी विडंबना बन जाएगा, मसलन ऐसे कई अनाथालय देखे गए हैं, जो किराए के बच्चों को नौकरी...
- आपकी क्रिया में और दृष्टि में फर्क हुआ तब?...? तो आपका अनाथ पालन ऐसी विडंबना बन जाएगा, मसलन ऐसे कई अनाथालय देखे गए हैं, जो किराये के बच्चों को नौकर...
- आपकी खुराक कुछ होनी चाहिए?...? मैंने कहा कि हम भगवान का काम करते हैं, तो भगवान खुराक देगा ही। किसी ने माताजी को बता दिया कि आचार्य ...
- आपकी खुराक क्या हो?...?
नीचे की तालिका के अनुसार भोजन सामग्री की व्यवस्था करना बहुत उपयोगी है, ऐसा भोजन-विशेषज्ञों का मत ह...
- आपकी खुशामद की वजह से आपकी मनोकामना पूरी करने के लिए भगवान अपने नीति-नियम को छोड़ देंगे, मर्यादा और कायदे-कानून को छोड़ देंगे और अपने आप को पक्षपाती होने का इल्जाम लगवाएँगे-कलंक लेंगे क्या?...? नहीं ऐसा भगवान कर नहीं सकेंगे। अगर आपके मन में यह ख्याल हो कि मिन्नतों और खुशामदों से भगवान को कहीं ...
- आपकी खुशामद की वजह से, आपकी मनोकामना पूरी करने के लिए क्या भगवान अपनी नीति को छोड़े देंगे, नियम को छोड़ देंगे, मर्यादा को छोड़ देंगे, कायदे-कानून को छोड़ देंगे?...? क्या अपने आप पर पक्षपात का इल्जाम लगवाएँगे, पक्षपाती होने का कलंक लेंगे? नहीं, भगवान ऐसा कर नहीं पाय...
- आपकी गलतियों में मुझे जायका लेने का, मजा लेने का, दिल्लगीबाजी करने का और बकवास करने का हमारे पास कहाँ समय है?...? हमारे यहाँ तो केवल दुःखी-ही आते हैं। धोबी की दुकान है। हर आदमी मैला कपड़ा ले करके आता है और हम धोते र...
- आपकी जब शादी हुई थी तब आपको एक अच्छी-खासी धर्म पत्नी मिली थी न, किसने दी थी उसे?...? उस लड़की के माता-पिता ने बड़ी मेहनत से अच्छी सुयोग्य लड़की बना करके, पाल-पोश कर सुशिक्षित बनाकर उसे ...
- आपकी जब शादी हुई थी, तब आपको एक अच्छी-खासी धर्मपत्नी मिली थी न किसने दी थी उसे?...? उस लड़की के माता-पिता ने बड़ी मेहनत से अच्छी सुयोग्य लड़की बना करके पाल-पोषकर सुशिक्षित बनाकर उसे आपके ...
- आपकी जब शादी हुई थी, तब आपको एक अच्छी-खासी धर्मपत्नी मिली थी, वह किसने दी थी?...? उस लड़की के माता-पिता ने बड़ी मेहनत से अच्छी सुयोग्य लड़की बना करके पाल-पोष कर सुशिक्षित बनाकर उसे आपके...
- आपकी जबान काम नहीं देती है तो क्या?...? हाथ-पाँव तो काम देते हैं, आपका श्रम काम देता है, आपका पसीना काम देता है। अभी हमको एक जमीन खरीदनी है,...
- आपकी जरूरतें ही कितनी हैं?...? थोड़ी-सी ही तो जरूरतें हैं। आप अपनी पार्टी को बदल दीजिए। आप अपनी जरूरतें आसानी से बदल सकते हैं; लेकिन...
- आपकी जवान की कीमत क्या है?...? दो कौडी है। सारे दिन झूठ नेता जी वोट माँगने आते हैं, सारे दिन झूठ बोलते हैं। क्यों साहब! आप तो हमारी...
- आपकी जिन्दगी की मुसीबतें क्या हैं?...? वह टिड्डा है, जो आपको तंग करता रहता है। नहीं साहब! गरीबी है। कहाँ है गरीबी? आप बताइये कि रोटी खाते...
- आपकी जिह्वा को किसी के गुणों का वर्णन करना आता है कि नहीं आता है?...? आपने किसी के गुणों का वर्णन किया है? अपने पिताजी से कभी यह कहा कि पिताजी! आपने न जाने क्या-क्या कष्ट...
- आपकी जीभ की बात कोई क्यों मानेगा?...? आपके मुँह में जीभ है, जिससे आप उपदेश करते हैं, पर व्यवहार अलग तरह का करते हैं। सारी दुनिया के लोग इस...
- आपकी जेब से निकाला और उसे काम में ले लिया, कौन रखवाली करेगा इसकी रखवाली?...? हमें रखवाली नहीं करनी है। हमें तो उतना ही चाहिए जितना हमारी आवश्यकता है, तब हाल बैंक से ले लेते हैं।...
- आपकी जेब से निकाला और उसे काम में ले लिया, कौन रखवाली करेगा इसकी?...? हमें रखवाली नहीं करनी है।
हमें तो उतना ही चाहिए, जितना हमारी आवश्यकता है, तब हम बैंक से ले लेते ह...
- आपकी जैसी वाणी, आपके जैसा मस्तिष्क, आपकी जैसी जीवन की सुनिश्चितता, आपके जैसा गृहस्थ क्या सारे विश्व भर के किसी और प्राणी को मिला हुआ है?...? आप क्यों प्रसन्न नहीं हो सकते? आप क्यों अपने आप को मालदार अनुभव नहीं कर सकते? क्यों आप सम्पन्न अनुभव...
- आपकी दाढ़ी-मूँछ भूरी क्यों न हो गई हो?...? चाहे आपके झुर्रियाँ क्यों न पड़ गई हों? लेकिन मेरे लिए तो आप वही हैं, जैसे कि छोटा अबोध बच्चा हो और ...
- आपकी दाढ़ी-मूँछ भूरी क्यों न हो गए हों?...? चाहे आपके झुर्रियाँ क्यों न पड़ गई हों? लेकिन मेरे लिए तो आप वही हैं जैसे कि छोटा अबोध बच्चा हो और उ...
- आपकी दुकान चलती है?...? हाँ साहब! कमाते भी उसी से हैं और खाते-खिलाते भी हैं। बेचते हैं और खरीदते भी हैं। अच्छा तो आप शर्मा ज...
- आपकी दृष्टि में इसके अतिरिक्त और कोई सौभाग्य होता है क्या?...? नहीं होता। बेटे! यह सौभाग्य नहीं होता। सौभाग्य वह होता है, जिसमें आदमी अजर-अमर हो जाता है। बेटे! सौभ...
- आपकी दृष्टि से तो नुकसान में रहनी चाहिए; क्योंकि उसने बिना कीमत के अपनी ऊन दे दी; लेकिन भगवान् की तरफ देखा क्या?...? भगवान् उसे बराबर नई ऊन देते चले आते हैं। उसको हर साल तीन इंच ऊन मिल जाती है और अगर मान लीजिए भेड़ बार...
- आपकी धर्मपत्नी है तो क्या उसके लिए कुछ करेंगे नहीं?...? हम जिस किसी से भी आत्मीयता रखते हैं, उसके लिए कुछ करने की इच्छा होती है। प्यार का वास्तविक स्वरूप यह...
- आपकी निष्ठाएँ किस चीज पर जमी हैं?...? आपकी पसन्दगी क्या है? आपकी रुचि क्या है? आप विचारते क्या हैं? आपकी इच्छाएँ क्या हैं? आप यह सभी कुछ हम...
- आपकी पत्नी कैसी है?...? बड़े कड़ुए स्वभाव की है, तो आप अपना फर्ज पूरा कीजिए। बीबी अपना फर्ज पूरा नहीं करती, तो हम क्या करें?...
- आपकी परिभाषा के मुताबिक़ यही तरीका है न?...? जैसे आप, वैसे आपके विचार। जैसे आपके सिद्धान्त, जैसे आपके विश्वास—एक से बढ़कर एक वाहियात हैं—बृहस्पति ...
- आपकी परिभाषा यही है कि बिना परिश्रम किये, बिना योग्यता के जो धन मिल जाता है, उसी को लक्ष्मी जी कहते हैं न?...? हाँ साहब! हम तो उसी को लक्ष्मी जी कहते हैं। ठीक है, हम आपकी बात समझ गये। बेटे, लक्ष्मी जी इस तरी...
- आपकी परिस्थितियाँ बाधित होती हैं, तो आप अपने कर्तव्य पूरे कैसे करेंगे?...? बेटे! परिस्थितियों से तालमेल बैठाना आपके मन का काम है। आपका मन मनोमय कोश की सिद्धि है। मनोमय कोश की ...
- आपकी पसन्द का भोजन न बनने पर?...?
उत्तर- भोजन को प्रभु द्वारा दिया हुआ प्रसाद मानकर उसे स्वीकार करेंगे। प्रसन्न मन से प्रभु की याद मे...
- आपकी पसन्दगी क्या है?...? आपकी रुचि क्या है? आप विचारते क्या हैं? आपकी इच्छाएँ क्या हैं? आप यह सभी कुछ हमें बताइए। गुरुजी! आप ...
- आपकी पार्टी कौन सी है?...? जो भी आपकी पार्टी है, उसी को दे देंगे। नहीं साहब! आप बताइए तो सही कि आपकी कौन सी पार्टी है? भाई! हम ...
- आपकी पार्टी कौन सी है?...? जो भी आपकी पार्टी है, उसी को दे देंगे। नहीं साहब! आप बताइए तो सही कि आपकी कौन भी पार्टी है? भाई! हम ...
- आपकी पिटाई किसने कराई है बताना जरा?...? आपको पिटाई जीभ ने कराई है। यह तो उलटा-सीधा कहकर लपालप मुँह में घुस जाती है और जूते आपके सिर पर पड़ती...
- आपकी पिटाई किसने कराई है बताना जरा?...? आपकी पिटाई जीभ ने कराई है। यह तो उलटा-सीधा कहकर लपालप मुँह में घुस जाती है और जूते आपके सिर पर पड़ते ...
- आपकी पुरानी जिन्दगी यही है?...? हाँ साहब! यही है। आप तो बड़े ताकतवर मालूम पड़ते थे। अरे साहब! ताकतवर कहाँ, हम तो अव्वल दर्जे के डरपोक ...
- आपकी पुस्तक आपका मित्र फटी हालत में लौटता है?...?
उत्तर - पुस्तक को वापस लेते हुए गम्भीर व मौन रहेंगे। उचित समय पर उसे शिष्टाचार के दो शब्द प्यार से व...
- आपकी प्लानिंग क्या है?...? बेटे हमारी प्लानिंग सारे विश्व के लिए है। अतः गायत्री माता इस रजत जयन्ती वर्ष से नये रूप में प्रकट ह...
- आपकी बड़ी कृपा हैं आपने पूछ लिया यही क्या कम हैं?...? आप खा लीजिए। आपको रोटी नहीं खानी चाहिए। ठीक है कोई आपका ऐसा निजी दोस्त है, जिगरी दोस्त है, जो आपके य...
- आपकी बहन और बेटी का फोटो ले जाकर के कोई आदमी अपने कमरे में टाँग ले और गन्दी आँख से देखे, तो क्या आपको पसन्द है?...? नहीं, आपको पसन्द नहीं है। फिर आप सिनेमा में क्या देखने गये थे? और आपके कमरे में जो तस्वीरें हैं, कैल...
- आपकी बात कैसे सही है?...? आपने क्या देखा है? हमने बादल बरसते देखे हैं। बादल जब बरसते हैं तो पानी गिरता है और उससे अनाज पैद...
- आपकी बात सही है, लेकिन मैं यह पूछता है कि विद्या की जो कमी है, उसे आप पूरा क्यों नहीं करते?...? विद्या की कमी को आप पूरा नहीं करेंगे, तो उन्नति कैसे होगी? आपके ज्ञान का दायरा कैसे बढेगा? बुद्धि का...
- आपकी बात हम मानते हैं तलवार से ही सिर कटा था लेकिन आपको हिम्मत नहीं दिखाई पड़ी?...? नहीं, साहब हिम्मत तो नहीं दिखाई पड़ी तो हम बताते हैं आपको, बेटे, तलवार चलाने वाले के भीतर हिम्मत भी ह...
- आपकी बातों को हमने सुन लिया है और कहा है कि बेकार की रामकहानी कहकर हमारा समय क्यों खराब करते हैं?...? हमें राम कहानी से क्या मतलब है, आप मतलब की बात कहिये।साथियों! हमारे मौन धारण करने का एक और कारण है। ...
- आपकी बातों को हमने सुन लिया है और कहा है कि बेकार की रामकहानी कहकर हमारा समय क्यों खराब करते हैं?...? हमें राम कहानी से क्या मतलब है, आप मतलब की बात कहिये।साथियों! हमारे मौन धारण करने का एक और कारण है। ...
- आपकी बिरादरी क्या है?...? हम तो धोबी और सफाईकर्मी हैं।कोई मुझसे जब मेरी अच्छी बिरादरी जानना चाहता है तो हम कहते हैं कि धोबी है...
- आपकी बिरादरी क्या है?...? हम तो धोबी और भंगी हैं
कोई मुझसे जब मेरी अच्छी बिरादरी जानना चाहता है तो हम कहते है कि धोबी ...
- आपकी बीबी कमाती तो नहीं है?...? नहीं साहब! तो आप उसकी सहायता कीजिए। आपका बच्चा कमाता नहीं है, तो उसकी सहायता कीजिए। और आपका पिता कमा...
- आपकी बीबी के पड़े, बीबी के पड़े?...? बीबी ने जूते चप्पल तो नहीं मारे, पर आपके साथ ऐसा व्यवहार किया जो जूते से भी ज्यादा था। जीभ पर काबू न...
- आपकी बीबी के पड़े, बीबी के पड़े?...? बीबी ने जूते-चप्पल तो नहीं मारे, पर आपके साथ ऐसा व्यवहार किया जो जूते से भी ज्यादा था। जीभ पर काबू न...
- आपकी बीबी क्या आपके घर में रोटी, कपड़ा के लिए आई है?...? क्या उसके घर में इनकी कमी थी? उसके घर में जब नौकरानी काम करती है, तो यहाँ किसलिए आई है? कामवासना की ...
- आपकी बीबी ने कहा कि नहीं, हम अपना खाना अलग पकाएँगे, अपना चौका अलग रखेंगे, तो क्या आप देश का इतना सारा समय खराब करेंगे?...? नहीं साहब! हमारी बीबी हमारी रोटी बना के खिलाएगी। नहीं, तुम्हारी बीबी तुम्हारी रोटी बना के नहीं खिलाए...
- आपकी बीबी नौवीं दरजा तक पढ़कर आई थी, आपने उसे आगे पढ़ाया या नहीं?...? केवल यह कह दिया कि हम तो गरम खाना खाएँगे, चाहे दिन के दो बजे हों या रात ही क्यों न हो, तुम्हें उसी स...
- आपकी बुद्धि का विकास कैसे होगा?...? इसीलिये यहाँ आत्म निर्माण के लिये भी ढेरों काम करने हैं। स्वास्थ्य आपका कमजोर है, इसी से तो काम नहीं...
- आपकी बुद्धि का विकास कैसे होगा?...? इसीलिए यहाँ आत्म निर्माण के लिए भी ढेरों काम करना है। स्वास्थ्य आपका कमजोर है, इसी से तो काम नहीं चल...
- आपकी बेड़ियों को मैं काटूँगा क्योंकि हमारे बाद इन बच्चों को खिलाने वाला, नर्सिंगहोम चलाने वाला कहाँ से लायेंगे?...? यह अस्पताल बन्द हो जाने पर आपके अनुभव के बिना इनका ऑपरेशन कौन करेगा? इनसान को उठाया नहीं जा सका तो...
- आपकी बेड़ियों को मैं काटूँगा क्योंकि हमारे बाद इन बच्चों को खिलाने वाला, नर्सिंगहोम चलाने वाला कहाँ से लायेंगे?...? यह अस्पताल बन्द हो जाने पर आपके अनुभव के बिना इनका ऑपरेशन कौन करेगा? इनसान को उठाया नहीं जा सका तो ब...
- आपकी मनोकामना पूरी हुई कि नहीं?...? आपने शिकायत की कि नहीं की? अच्छा तो ऐसा किया कर कि चौबीस हजार गायत्री मंत्र भी लिख दिया कर और उसके...
- आपकी मरजी के मुताबिक?...? हाँ साहब! हमारी मरजी के मुताबिक भगवान को चलना चाहिए। आप यह क्या कह रहे हैं? जरा आप सोचिए तो सही, आखि...
- आपकी मर्जी पर क्यों चलने लगे भगवान?...? भगवान के अपने कुछ नीति और नियम हैं। कुछ मर्यादा और कायदे हैं। आप, आपकी खुशामद की वजह से आपकी मनोकामन...
- आपकी मर्जी पर चलेंगे वह?...? आप कौन हैं? आप अपना नाम तो बताइए? आप कौन हैं, जो आपको ये जुर्रत और ये हिम्मत होती है कि आप भगवान के ...
- आपकी माँ कौन थी, हमें नहीं मालूम कि हमारी माँ कौन थी?...? ये कोई जवाब है। जब कोई ये कहेगा कि हमको हमारी माँ का नाम नहीं मालूम है तो हम उसको वर्णसंकर कहेंगे। त...
- आपकी माता का नाम क्या है और पिता कौन है?...? हमको नहीं मालूम। अरे भाई ये क्या वाहियात बात बकते हो। आपकी माँ कौन थी, हमें नहीं मालूम कि हमारी माँ ...
- आपकी मैं कोई सेवा कर सकती हूँ क्या?...? उन्होंने कहा—बेटी! क्या सेवा कर सकती है। मेरी लँगोटी थी, वह तो बह गई, अब मुझे पानी में ही खड़ा रहना ...
- आपकी यह कैसी बात रही?...? बेटे ऐसे रही कि ब्रह्म को खा लो। खा करके हजम कर लो। जुगाली कर लो और जुगाली करके इसे अपने रक्त का औ...
- आपकी यही शिकायत है?...? हमारी औरत कहना नहीं मानती। आप बदलते जाइए अपने आपको, फिर मैं देखूँगा कि आपकी औरत बदलती है कि नहीं। आप...
- आपकी रुचि क्या है?...? आप विचारते क्या हैं? आपकी इच्छाएँ क्या हैं? आप यह सभी कुछ हमें बताइए। गुरुजी! आप तो जानते ही हैं कि ...
- आपकी लम्बी नाक है, आप क्या चाहते हैं, चौड़ी नाक हो जाए, यह हम कैसे कर सकते हैं?...? बताइये? आपके दाँत कैसे हैं? बड़े-बड़े? तो अब हम दाँतों को उखाड़ के नये दाँत कैसे लगा दें? आपका शरीर दुब...
- आपकी लकड़ी लेकर चली हैं, गायत्री माता कभी?...? क्यों नहीं चलीं? इसलिए नहीं चलीं कि जितनी श्रद्धा होनी चाहिए, उस श्रद्धा का अभाव पाया गया। आप तो डाल...
- आपकी लक्ष्मी चली जाएगी?...? तो चली जाने दे। लक्ष्मी तो ऐसी बेशरम है कि इसको मारो तो भाग-भाग कर चली आती है और खुशामद करो तो यह गा...
- आपकी लक्ष्मी चली जाएगी?...? तो चली जाने दे। लक्ष्मी तो ऐसी बेशरम है कि इसको मारो, तो भाग-भागकर चली आती है और खुशामद करो तो यह गा...
- आपकी लड़कियाँ ऐसी हैं?...? हाँ, आप क्या समझते हैं, हमारी लड़कियाँ बड़ी शानदार हैं। अभी आपने इनकी शक्ति को पहचाना कहाँ है। डराया...
- आपकी वकालत में आमदनी क्या है?...? सच-सच बताना? उन्होंने साल भर का हिसाब देखकर बताया कि राजा साहब! दो सौ रुपया महीना हम कमा लेते हैं।...
- आपकी शक्ति और मेरा पुरुषार्थ और मेरा संकल्प बल, देखिए चमत्कार करता है कि नहीं करता?...? ’’ चमत्कार क्या होता है, यह हम करके दिखाएँगे। बालिका उठी और उसने अन्न एकत्रित किया।
आप पढ़ना, यह एक...
- आपकी शाखा बन्द हो जाएगी?...? क्यों? क्यों हमारी शाखा बन्द हो जाएगी? गुरुजी! हमारी मौसी को जुकाम हो जाता है। हमारी मौसी को अच्छा क...
- आपकी शादी हो गई है?...? हाँ गुरुजी, शादी हो गई है, बहू कितनी पढ़ी-लिखी है? गुरुजी, बी.ए. पास है तो आपने उसे कितने मूल्य में ख...
- आपकी श्रद्धा कैसी है?...? टिकाऊ है या उथली है। आप तो बड़े श्रद्धावान बन रहे हैं। बड़े जोर से आँसू निकल रहे हैं और फिर न जाने क...
- आपकी सफलता की कितनी गारंटी है?...? आपकी गारंटी भाग-दौड़ की है। आप भागे कि नहीं भागे, आपने कोशिश की कि नहीं की, आपने मेहनत की कि नहीं की...
- आपकी सफलता रही होती तब, जब आप दूसरे नानक रहे होते, कबीर रहे होते, रैदास रहे होते, विवेकानन्द रहे होते, गाँधी हो गए होते, तो मैं आपके भूतकाल को शानदार मानता; लेकिन भूतकाल कैसा था?...? जानवरों का जैसा होता है; पेट भरते रहते हैं, बच्चे पैदा करते रहते हैं। वह भी तो आपको इतिहास है। पिछले...
- आपकी समझ में नहीं आया?...? आपकी समझ में नहीं आता फिर उससे आगे बात मत पूछिये। अक्षरों के उच्चारण सिखाइए, फायदा कराइए, बेटे! अक्ष...
- आपकी समझ में भजन का मतलब आया कि नहीं?...? अभी भी आप भजन का मतलब नहीं समझे क्या कि भगवान आपसे क्या अपेक्षा रखता है? अगर आपका ख्याल यह है कि भगव...
- आपकी सम्पत्ति इतनी अधिक है?...? हाँ बेटे, हमारी सम्पत्ति बहुत बड़ी है। क्या सम्पत्ति, जरा बताना तो सही? सम्पत्ति की फिलॉसफी मित्रो! म...
- आपकी सहायता करेंगे शंकर जी?...? चाहे जितना बेलपत्र चढ़ाइए, चाहे जो कुछ करिए; लेकिन शंकर जी आपके झाँसे में आने वाले नहीं हैं; क्योंकि...
- आपकी साधना और शिक्षा, समन्वित (की) जो कार्य पद्धति है इस कल्प साधना शिविर की, आप इसके बारे में थोड़ा विचार कीजिए कि क्यों कराया जा रहा है?...? क्या कर रहें हैं इसके बारे में तो आप जानते ही हैं, मुझसे भी ज्यादा जानते हैं। आप क्या सीखते हैं? आपक...
- आपकी सुन्दरता और सुगठित शरीर का रहस्य क्या है?...? उन्होंने बताया-दिन में कई वार शुद्ध जल पीना और परिश्रम से जी न चुराना। (४) एक किसान के चार बेटे थे प...
- आपकी सेवा भावना के लिए हम क्या कह सकते हैं?...? उसकी प्रशंसा के लिए आपके मुँह से एक शब्द भी नहीं निकला। हर समय गुस्सा, जहरीले डंक वाली जीभ, जिसमें क...
- आपकी सेहत खराब हो गयी है, तो सेहत की दवा कहाँ हो सकती हैै?...? अपने शरीर को ठीक तरीके से इस्तेमाल करने की तमीज, शरीर से ठीक तरीके से काम कैसे लिया जा सकता है? ...
- आपकी हैं, तो क्या आपकी जेब में पैसा है?...? हाँ है। अच्छा तो आपका बैंक कहाँ है? अरे बेटे! ये ख्वाबों की दुनिया है और जब ख्वाब करने ही हैं तो ऊँच...
- आपके हाथ पर?...? हमारे हाथ पर नहीं पड़ा। क्यों? पात्र था आपके पास? नहीं साहब! पात्र नहीं था। तब फिर आप किसमें दूध...
- आपके ईमान में क्या है?...? ईमान और नीयत के अलावा गायत्री माता और कुछ नहीं देखतीं। गायत्री ही कामधेनु है इसलिए मित्रो! क्या करना...
- आपके लिए गुजारे का है तो आप हाय-हाय क्यों करते हैं?...? आपके बच्चे जब कमाने लग गए हैं, तो क्यों आप घर में बैठकर मर रहे हैं? आपको घर से बाहर निकलना चाहिए। ...
- आपके सारे भाई जिस तरह का गुजारा करते हैं, आप क्यों नहीं कर सकते?...? क्या सारे बच्चों को अपना क्यों नहीं बना सकते। कितने बच्चे हैं, जो विद्या के अभाव में बैठे रहते ह...
- आपके अन्दर क्या बात है?...? हमारे अन्दर एक बात है कि यदि आप पूजा करते हैं, भजन करते हैं, यह सबको मालूम है कि गायत्री मंत्र की विध...
- आपके अन्दर जो श्रेष्ठ गुण हैं, उसे आप कहाँ से सीखेंगे और परखेंगे?...? कौन-सा योगाभ्यास करेंगे? परिवार जैसी लैबोरेटरी संसार में कहीं भी नहीं। क्या आप अपनी धर्म-पत्नी से नह...
- आपके अन्दर बहुत दया है तो क्या आप किसी के काम आ सकते हैं?...? नहीं साहब! हम किसी के काम नहीं आ सकते। हम किसी की सेवा-सहायता नहीं कर सकते। तब फिर आप दयालु कैसे? ...
- आपके अन्दर बहुत दया है तो क्या आप किसी के काम आ सकते है?...? नहीं साहब! हम किसी के काम नहीं आ सकते। हम किसी की सेवा-सहायता नहीं कर सकते। तब फिर आप दयालु कैसे? कि...
- आपके अन्दर वह योग्यता है क्या?...? इनसान की खुराक अनाज नहीं, रोटी नहीं, दूध नहीं, ये सिर्फ जिस्म की खुराक है। आदमी जिस्म नहीं है। आदमी ...
- आपके अन्दर वह शक्ति है कि कोई आपकी सुने?...? आप मरे-मराए से, बुझे-बुझाए-से तो हैं। बीमारी के मारे-से तो हैं, टी. बी. के मारे-से तो हैं। नहीं साहब...
- आपके अपने इस आन्दोलन में क्या एक आदमी संचालन करता है?...? नहीं, एक आदमी संचालन नहीं कर सकता। क्या एक आदमी नियम बनाने के लिए आश्वासन दे सकता है? नहीं, एक आदम...
- आपके अपने इस आन्दोलन में क्या एक आदमी संचालन करता है?...? नहीं, एक आदमी संचालन नहीं कर सकता। क्या एक आदमी नियम बनाने के लिए आश्वासन दे सकता है? नहीं, एक आदमी ...
- आपके अपने बच्चों के प्रति क्या कर्तव्य है?...? आपको जो धन मिला हुआ है, साधन मिले हुए हैं, उसके प्रति क्या कर्तव्य है? (आपको) अपने समाज के प्रति क्य...
- आपके अलावा हमारा कौन है और हम किसके नजदीक जाएँगे?...? किसका पल्ला पकड़ेंगे? आपका कहना नहीं मानेंगे तो किसका मानेंगे? आप ही हमारे हैं और हम आपके हैं। मित्रो...
- आपके आचरण में आ गया कि नहीं?...? आपके आचरण में अगर भगवान नहीं है, आपके मन में अगर भगवान नहीं है, चिन्तन में भगवान नहीं है, तो आपका माल...
- आपके आचरण में आ गया कि नहीं?...? आपके आचरण में अगर भगवान नहीं है, आपके मन में अगर भगवान नहीं है, चिन्तन में भगवान, नहीं है, तो आपका मा...
- आपके आदर्श महापुरुष कौन-कौन हैं एवं उनकी किन विशेषताओं /प्रेरणओं से आप प्रभावित हुए?...?
६. व्यवहार कला (्रह्म्ह्ल शद्घ क्चद्गद्धड्ड1द्बशह्वह्म्) नीचे ‘‘पढ़ाई में अच्छे अंक पाने के लिए’’ वि...
- आपके इष्टदेव कौन हैं?...? हमारे इष्टदेव राम हैं- ‘इष्टदेव मम बालक रामा।’ इसका क्या अर्थ है? इसका अर्थ केवल एक है कि हम एक ऐस...
- आपके ऊपर कोई कड़ाई नहीं की गई?...? आपके भीतर के मनोबल का इम्तहान नहीं लिया गया और इस बात की परीक्षा नहीं हुई कि इतनी कड़क बरदाश्त करने ...
- आपके ऊपर ज्यादा खरच नहीं किया जा सकता?...? चार सौ पचास रुपये महीने के बारे में उन्होंने यह व्यवस्था बनाई कि जो विद्यार्थी यह अनुभव करते हों कि ...
- आपके और उनके बीच में कोई मोहब्बत है?...? बेटे कोई मोहब्बत नहीं है। रोज ही हम सुनते हैं, रोज ही पढ़ते हैं। पढ़ने से और सुनने से क्या हो सकता ह...
- आपके कपड़ों के लिए, पुस्तकों के लिए, विद्यालय शुल्क के लिए कौन पैसे देता है?...?
(ऐसे प्रश्न वह अलग-अलग बालकों से पूछता है।)
बालक-हमारे पिताजी।
प्रशिक्षक-आपको विद्या कौन देता है? आ...
- आपके कमाने का क्या तरीका है?...? मुझे नहीं मालूम। पर आप एक बात का जवाब दीजिए कि आप इन्हें खर्च कैसे करते हैं? किस आदमी ने कैसे कमाया,...
- आपके कहने की जरूरत क्या है?...? लड़की उन्नीस साल की हो गई है। पिताजी! हमारा विवाह करा दीजिए। नहीं बेटी, कहने की क्या जरूरत है? हमको ...
- आपके कहने से?...? हाँ बेटे! मेरे कहने से ले जा। मैंने उसको रुद्राक्ष की माला दे दी।
सामग्री कर्मकाण्ड का कोई ...
- आपके कहने से?...? हाँ बेटे! मेरे कहने से ले जा। मैंने उसको रुद्राक्ष की माला दे दी। सामग्री कर्मकाण्ड का कोई महत्त्व न...
- आपके काम में हम कैसे सहयोगी बन सकते हैं?...? हम नहीं बन सकते। और क्या-क्या चाहिए? पहाड़ से भी ऊँचा चाहिए। कुछ देने को भी है बेटा? नहीं माताजी। एक...
- आपके कारोबार का रथ, आपके व्यापार का रथ?...? आपके धन्धे का रथ, आपके शरीर का रथ, आपकी गृहस्थी का रथ-यह सब हम चलायेंगे, इसका हम वायदा करते हैं, लेक...
- आपके कितने बेटे हैं?...? हमारे बहुत बेटे हैं। पिछले वर्ष स्वर्ण जयंती साधना वर्ष (१९७५) में हमने अपील की थी कि आप हमारे साथ-स...
- आपके क्या हाथ की बात है?...? आप अपने कर्तव्य का पालन कीजिए। हर कुटुम्बी के लिए कर्तव्य का पालन कीजिए। उनको स्वावलम्बी बनाइए। कोई ...
- आपके क्या हाल हो गये हैं?...? भाई हैं, बहन हैं, बच्चे हैं, माता हैं, पिता हैं, इन सबको दे करके फिर आप खाते हैं। भला यह भी कोई बा...
- आपके गुरु कहाँ रहते हैं?...? बनारस में रहते हैं। स्वामी जी, श्रीनाथ चाण्डाल के पास गये, तो देखा कि वे झाड़ू लगा रहे हैं। जैसे ही...
- आपके गुरुजी भी हिस्सेदार हो जाएँगे?...? हाँ, हमारे गुरुजी भी आपके भोजन को जरूर खाएँगे, मना नहीं कर सकते। आप भी खाएँगे? बेटे! हम भी खाएँगे, इ...
- आपके गुरुदेव कौन हैं?...? उनका जीवन परिचय दीजिए, वे किस तरह युग निर्माण करना चाहते हैं?’’ मैंने सभी प्रश्नों का उत्तर बड़ी कुशल...
- आपके घर कोई कुरीति नहीं है?...? आपके यहाँ ढेरों की ढेरों कुरीतियाँ हैं। नर और नारी एक समान वाली बात है? आप बार-बार कहते हैं न, नर और...
- आपके चार बेटे होते, तो उनके लिए आप कुछ करते कि नहीं करते?...? चलिए एक बेटा ही आपने समझा।
श्रद्धा है तो श्रेष्ठ हैं आप
आप लोगों के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद है; ले...
- आपके चिन्तन का तरीका क्या है?...? आपने सोचने का ढंग क्या बना रखा है? आपके विचार करने की शैली क्या है, बताइए। नहीं साहब! इससे आपको क्या...
- आपके चिन्तन को जरा भी मौका नहीं मिलना चाहिए?...? नहीं, आप बढ़िया चिन्तन करिए, बढ़िया जिन्दगी जिएँ, उच्चकोटि का चिन्तन करिए। गाँधी जी के साथ जो रहते थ...
- आपके चेहरे पर मुस्कुराहट नहीं आ सकती?...? कि जो हमारी वर्तमान परिस्थितियाँ हैं, उसमें हमको प्रसन्न रहने का हक है। आप तो हमेशा अभावों को सोचते ...
- आपके जबान की कीमत क्या है?...? दो कौड़ी है।
सारे दिन झूठ
नेता जी वोट माँगने आते हैं, सारे दिन झूठ बोलते हैं। क्यों ...
- आपके जमाने में क्या हुआ था घर वालों के बारे में?...? बुद्ध भगवान बताना।
हमारी दीवानों की मंडली
अरे साहब! हम क्या बताएँ—बीबी चलने नहीं द...
- आपके जीवन का लक्ष्य क्या होना चाहिए?...? जो भी आपका लक्ष्य हो, चाहे उसे आप सिद्धान्त मान लीजिए, चाहे उसकी शक्ल बना लीजिए। शक्ल बनाने से, चेहरा...
- आपके जीवन का लक्ष्य क्या होना चाहिए?...? जो भी आपका लक्ष्य हो, चाहे उसे आप सिद्धान्त मान लीजिए चाहे उसकी शक्ल बना दीजिए। शक्ल बनने से, चेहरा ब...
- आपके जीवन में और तो कुछ नहीं है?...? नहीं साहब! धन मिल जाय, तो बाद में एकाध और चीज बता देंगे। धन तो मुख्य है। ठीक है, आपकी बात को मैं सही...
- आपके जैसी वाणी, आपके जैसा मस्तिष्क, आपके जैसे जीवन की सुनिश्चितता, आपका जैसा गृहस्थ — क्या सारे विश्व भर के किसी और प्राणी को मिला हुआ है?...? आप क्यों प्रसन्न नहीं हो सकते? आप अपने आप को क्यों मालदार अनुभव नहीं कर सकते? क्यों आप सम्पन्न अनुभव...
- आपके जो कम बच्चे हैं, उनको आप क्या पर्याप्त नहीं मान सकते?...? हमारा कहना मानिए अब बच्चे मत बढ़ाइए। जो बच्चे हैं, अगर उनकी क्वालिटी बढ़ाना चाहते हैं, तो आपको संख्य...
- आपके जो भी घरेलू खर्च हैं, क्या उसमें किसी प्रकार की कमी करने की गुंजाइश है?...? अगर कमी करने की गुंजाइश हो, तो आपको फौरन कमी कर देनी चाहिए और आपको जान-बूझकर सन्त का जीवन ग्रहण कर ...
- आपके ज्ञान का दायरा कैसे बढेगा?...? बुद्धि का विकास जैसे होगा? इसलिए यहाँ आत्मनिर्माण के लिए भी ढेरों काम करने हैं। आपका स्वास्थ्य कमजोर...
- आपके ज्ञान का दायरा कैसे बढ़ेगा?...? आपकी बुद्धि का विकास कैसे होगा? इसीलिये यहाँ आत्म निर्माण के लिये भी ढेरों काम करने हैं। स्वास्थ्य आ...
- आपके डेमन का क्या नाम है?...? अपने गुरु को हम डेमन कहते हैं। गुरु क्या होता है? अरे बेटे, वह भगवान है। भगवान हमको देता है। हरेक को...
- आपके डेमॅन का क्या नाम है?...? अपने गुरु को हम डेमॅन कहते हैं। गुरु क्या होता है? अरे बेटे, वह भगवान है। भगवान हमको देता है। हरेक क...
- आपके तो दस मुँह नहीं हैं?...? आप दुश्मन पार्टी के तो नहीं है? नहीं साहब! ऐसा नहीं है। आपका जिससे झगड़ा है, उसकी मूँछें कितनी लम्बी ...
- आपके दाँत कैसे हैं?...? बड़े-बड़े? तो अब हम दाँतों को उखाड़ के नये दाँत कैसे लगा दें? आपका शरीर दुबला है, तो अब हम कैसे मोटा बन...
- आपके दीपक में कमाल है?...? हाँ बेटे! है।अलादीन का चिराग आपने सुना होगा? अलादीन के चिराग में बड़ा कमाल था। क्यों साहब! ये बात सही...
- आपके दृष्टिकोण में विकास क्यों नहीं हुआ?...? आप क्षुद्र क्यों बने हुए हैं? आप सीमाबद्ध कैसे बने हुए हैं? आप वासना और तृष्णा के बन्धनों से ऊँचे क्य...
- आपके दो बेटे हैं?...? हाँ साहब! कहीं ऐसा न हो कि एक बेटे को तो सारा माल दे दें और दूसरा बेटा बिचारा ऐसे ही हाथ मलता रह जाए...
- आपके दो बेटे हैं?...? हाँ साहब! कहीं ऐसा न हो कि एक बेटे को सारा माल दे दें और दूसरा बेटा विचारा ऐसे ही हाथ मलता रह जाए। न...
- आपके नजदीक न रहेंगे, तो क्या?...? सूर्य आपके नजदीक है क्या? फिर भी आप धूप में बैठे हैं और वह आपके कपड़े सुखा जाता है। चन्द्रमा आपके ...
- आपके पत्थर जैसे दिल के ऊपर पानी की बूँदें गिरीं कि नहीं?...? अगर आपके ऊपर इन बातों का कोई असर नहीं हुआ होगा तो हम इन शिविरों को समाप्त कर देंगे। हमने आपको शिविर ...
- आपके पारिवारिक उत्तरदायित्व क्या हैं?...? और आपकी जिम्मेदारियाँ क्या हैं? उनको हम छुड़ाना नहीं चाहते और आपको मजबूर करना नहीं चाहते। हम यह च...
- आपके पास भी है घड़ी?...? हाँ साहब! हमारे पास और हमारी पत्नी-दोनों के पास घड़ी है। तब तो आपकी पत्नी ने एम०ए० पास कर लिया होगा...
- आपके पास है-ईश्वर विश्वास?...? नहीं साहब! भगवान नाराज है। भगवान बड़ा खराब है। भगवान ने हमारे बेटी पैदा कर दी और बेटा पैदा नहीं किय...
- आपके पास अगर और भी जिम्मेदारियाँ पड़ी हुई हैं, तो नयी-नयी जिम्मेदारियाँ क्यों उठाते हैं?...? बाप का कर्ज आपने चुकाया नहीं, माँ का कर्ज आपने चुकाया नहीं, बहन-बेटी का कर्ज चुकाया नहीं, तो फिर क...
- आपके पास अपना मकान है क्या?...? नहीं साहब! किराये के मकान में रहते हैं। हम तो मकान नहीं बना सके। देखिए यहाँ मकान-पर-मकान, जायदाद-पर-...
- आपके पास आएँगे?...? बेटे! शक है कि आएँगे कि नहीं आएँगे, पर मीरा के संग नाचना चाहते थे। मीरा की सखियों ने कहा कि यह बता क...
- आपके पास इतनी बड़ी सम्पत्ति है?...? हाँ बेटे, हमने बड़ी-बड़ी चीजें खरीदी हैं। तेरे पास क्या है? गुरुजी! हमारे पास बत्तियाँ लग रही हैं, बल्...
- आपके पास इतने रुपए कहाँ हैं?...? देख बेटे, मेरे पास छह हजार रुपए हैं। इतने से नहीं बनेगी तो छह लाख से बन जाएगी।मित्रो! हमारा ख्वाब और...
- आपके पास कितना धन है?...? हमारे पास कुछ भी नहीं है। तो फिर, तो आप तो नुकसान में रहे। अरे! आप नुकसान की बात कहते हो। हमारे गाँव...
- आपके पास कितने कुटुम्बी हैं?...? आपको सफलता मिली कि नहीं मिली। आप कैसा डिवीजन लाए? वगैरह-वगैरह। आपके पास जो सामान है उस पर आप विचार म...
- आपके पास क्या समस्या है?...? बस एक ही समस्या है-बेटे की और पैसे की। देश, समाज और संस्कृति को तो आप जानते भी नहीं हैं कि उनके प्...
- आपके पास क्या कमी है, जरा बताना तो सही?...? अभी आपने अभावों की जो एक फेहरिस्त बना रखी है कि हमारे पास ये कमी है, वो कमी है। अब आप एक नई फेहरिस्त...
- आपके पास क्या कमी है?...? आप तो करोड़पति हैं और आपसे विवाह हम इसलिए करना चाहते हैं कि आपकी कमाई का पैसा हमको मिलेगा और हम मजा ...
- आपके पास क्या कमी है?...? जो है, उस पर सन्तोष व्यक्त कीजिये। आप उनसे प्रसन्न रहिये। आप उन पर गर्व कीजिये और याचना के स्थान पर द...
- आपके पास क्या था और क्या रह सकता है?...? न आपके पास कुछ था और न आपके पास रखा जा सकता है? आपके मरने के बाद आपकी चीजें, आपके साले की हो जात...
- आपके पास क्या है?...? आपने जो कमाया था, सारा पैसा बेटे के हाथ में चला गया। अब आपके पास कहाँ है? जिन्दा में आपके पास है नहीं...
- आपके पास क्या है?...? गुब्बारे हैं। तो हमको दे दीजिए। बस एक गुब्बारा पेटी से निकाला, फूँक मारकर हवा भर दी और कहा ये रह...
- आपके पास क्या है?...? आपने जो कमाया था, सारा पैसा बेटे के हाथ में चला गया। अब आपके पास कहाँ है? जिन्दा में आपके पास है नहीं...
- आपके पास क्या है?...? गुब्बारे हैं। तो हमको दे दीजिए। बस एक गुब्बारा पेटी से निकाला, फूँक मारकर हवा भर दी और कहा ये रहा तु...
- आपके पास जो भी घटना आये, परिस्थिति आये, व्यक्ति या विचार आये, प्रत्येक के ऊपर कसौटी लगाइये और देखिए कि इसमें क्या उचित है और क्या अनुचित है?...? कौन नाराज होता है और कौन खुश होता है—यह देखना आप बन्द कीजिए। यह दुनिया ऐसे पागलों की दुनिया है कि अगर...
- आपके पास तो कुछ भी साधन नहीं हैं, फिर सम्पन्न कैसे बनेंगे?...? परन्तु अगर आपने लालच छोड़ दिया होता, तो आप इतने ही साधनों में कम-से-कम समय में गुजारा कर सकते थे। ला...
- आपके पास तो बहुत दौलत है, हमको नहीं देंगे क्या?...? हमारे पास तो कुछ भी नहीं है, हम सूख जाएँगी क्या? मर जाएँगी क्या? यह दौलत हमको नहीं मिलेगी क्या? बेटी...
- आपके पास दक्षिणावर्ती शंख है?...? हाँ, यह रखा तो है। हमने सुना है कि लक्ष्मी जी आती हैं तो दक्षिणावर्ती के शंख में से आती हैं। आती होग...
- आपके पास धन कहाँ से आता है?...? उनने कहा कि मेरे पास धन भगवान से आता है। आप भगवान से ले सकते हैं? मैं भगवान से नहीं ले सकता।
आपको...
- आपके पास धन कहाँ से आता है?...? उनने कहा कि मेरे पास भगवान से आता है। आप भगवान से ले सकते हैं? मैं भगवान से नहीं ले सकता। आपके व्याप...
- आपके पास नौकरी में तरक्की कहाँ है?...? नहीं साहब! हमारी नौकरी में तरक्की कराइए। हमको पैसे की जरूरत है, हमारी सहायता कीजिए। हमको सन्तान की जर...
- आपके पास नौकरी में तरक्की कहाँ है?...? नहीं साहब! हमारी नौकरी में तरक्की कराइए। हमको सन्तान की जरूरत है और वह भगवान की सन्तान जैसी होनी चाहिए...
- आपके पास पैसा फालतू है?...? खर्च करेंगे, तो नशे जैसी चीजों पर खर्च करेंगे? नशे जैसी चीजों पर खर्च करेंगे, तब सेहत गँवा देंगे, तब...
- आपके पास पैसे हैं?...? हाँ, हमारे पास पैसा बहुत है। अभी हम शक्तिपीठें बनाने पर आमादा हो गए हैं। 1000 शक्तिपीठें अंडर कन्स्ट...
- आपके पास बाल्टी में पानी है और आप पानी नहीं पिलाना चाहते हैं, तो क्या होगा, जानते हैं?...? आपसे नेचर नाराज हो जाएगी। आप बाँटने के लिए आगे नहीं आएँगे, तो आप ख्याल रखना, आपके हाथों से सारी शक्त...
- आपके पास बैठने के लिए भगवान आये और आपको यह कहना पड़े कि हमको फुरसत नहीं है, तो इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब सिर्फ एक है कि भगवान से आपकी कतई जान-पहचान नहीं है। आप यह बिल्कुल नहीं जानते कि भगवान बं...
- आपके पास भी धन नहीं है, तो क्या हुआ?...? इस महत्त्वपूर्ण समय में आप प्रज्ञावतार का काम तो कर सकते हैं।यह युगसन्धि का पहला वर्ष है। इस समय ह...
- आपके पास भी ये चीजें हैं, लेकिन आपने कहाँ बाँटी?...? पैसा न हो, तो उसे मरने दीजिये। पैसे से क्या बनता-बिगड़ता है?
अनासक्त योगी की तरह जिएँ
...
- आपके पास मानवीय गरिमा नहीं है तो आप बच्चे नहीं तो कौन हैं?...? हमें बाहर का भी ख्याल है तथा अपने बच्चों का भी हमें ख्याल है।मित्रो—इसी कारण हमने अपनी शक्ति को दो ह...
- आपके पास माल कितना है?...? बेटे, माल की बात मैं नहीं बताना चाहता। आप में से कोई इनकम टैक्स वाला बैठा हो तो? इसलिए बाकी बात नहीं...
- आपके पास शरीर है न?...? हाँ, तो शरीर की माने श्रम, शरीर का जो गुण है वो है श्रम। श्रम अगर न कर सके तो। तो फिर मरा हुआ शरीर ह...
- आपके पास शरीर-श्रम कहाँ है?...? हमको दीजिए। आपके पास नौकरी में तरक्की कहाँ है? नहीं साहब! हमारी नौकरी में तरक्की कराइए। हमको पैसे की...
- आपके पास हर चीज नहीं है, तो क्या आप चिड़चिड़ाते हुए, शिकायत करते हुए बहुमूल्य जीवन को यों ही बरबाद कर देंगे?...? क्या आपको निखिल आकाश हँसता हुआ दिखाई नहीं देता। अगर आप कवि हृदय हैं, सरस हृदय हैं, तो आपको सब कुछ ...
- आपके पास हृदय है कहीं?...? जरा अपनी छाती पर हाथ रखकर देखें।...
- आपके पास है क्या जिससे पूजन करेंगे?...? आपके पास तो बची हुई एक हविश है, जिसको पूरा करने के लिए आप हर एक को निगलना चाहते हैं। आपकी ख्वाहिशें ...
- आपके पिता के अन्दर, आपके गुरु के अन्दर इतनी क्रियाशीलता बनी रही कि अन्तिम क्षणों तक उनका लेखन बन्द नहीं हुआ, उनकी उपासना कम नहीं हुई, तो फिर आप इतने बूढ़े तो नहीं हो गए?...? आप कोई 80 साल के नहीं बैठे हैं। आप कम उम्र के हैं।...
- आपके पिता कौन हैं बताइए, कोई नहीं—हमको नहीं मालूम है कौन है हमारा पिता?...? फिर हम आपको क्या कहेंगे फिर हम आपको वर्णसंकर कहेंगे। आपको अपने पिता का और माता का नाम मालूम होना चाह...
- आपके पिताजी और माताजी की मृत्यु के बाद बाजार में कॉपियाँ मिलनी बन्द हो गई क्या?...? कॉपियाँ तो बिकती थीं। और स्लेट? स्लेट भी बिकती थी। पेन्सिल? पेन्सिल भी बिकती थी, स्याही भी बिकती थी।...
- आपके पीछे भी ढेरों के ढेरों आदमी क्यों नहीं चलेंगे?...? जरूर चलेंगे, क्योंकि आप उन्हें नया युग, नया प्रकाश देने चले हैं। इसके लिए बेटे, आपको शुरुआत वहाँ स...
- आपके पैर में मेरे कठोर हृदय का कोई निशान तो नहीं बना?...? उन्होंने कहा—निशान तो नहीं बना, लेकिन विष्णु भगवान के सीने पर ब्राह्मण की लात का निशान बन गया। मित्र...
- आपके प्रसन्न होने के लिए, हँसने के लिए, हँसाने के लिए ये क्या कम है?...? आपको इन्सानी जिन्दगी मिली हुई है।...
- आपके बचपन से मैं आपको यही सिखाता चला आया हूँ कि ब्रह्मवर्चस् का सिद्धान्त क्या है?...? ब्रह्मवर्चस् अर्थात् ब्रह्मतेजस् आप प्राप्त करना चाहते हैं तो आप तपस्वी बनिए। तैयारी कीजिए। धीरे-धीर...
- आपके बच्चे जब कमाने लग गए हैं, तो क्यों आप घर में बैठकर मर रहे हैं?...? आपको घर से बाहर निकलना चाहिए। आपको परिव्राजक के रूप में बादलों की तरह घर से निकलना चाहिए तथा समाज ...
- आपके बारे में तो हम कुछ नहीं कह सकते, लेकिन आदमी का चरित्र गिरते-गिरते आज कहाँ पहुँच गया है, आपको मालूम है?...? अगर आपको यह जानना हो, तो आप धर्मशाला में जाइये और बस एक थैला लेकर के जाइये और मैनेजर से कहिए कि हमको...
- आपके बेटे को पैसा क्यों मिले?...? आपका भानजा, जो गरीबी में दिन काट रहा है, उसको क्यों नहीं मिलना चाहिए? नहीं साहब! उसको नहीं मिलना चाह...
- आपके बेटे को सन्त तो नहीं बनाना है?...? नहीं साहब ! सन्त में क्या रखा है? सन्त बनाने की सनक तो विनोबा की माँ के ऊपर सवार हुई थी, जिसने अपने ती...
- आपके बॉस के हाथ की बात है कि वह आपको प्रमोशन देता है कि नहीं?...? साहब! हमारा लड़का पी.एम.टी. के इम्तिहान में बैठेगा। किस कॉलेज में जायेगा? आपके हाथ की बात है? नहीं, उ...
- आपके भीतर के मनोबल का इम्तहान नहीं लिया गया और इस बात की परीक्षा नहीं हुई कि इतनी कड़क बरदाश्त करने के लिए आपके भीतर संकल्प और मनोबल है कि नहीं?...? कसाई और कड़ाई से आती है जप में सामर्थ्य
संकल्प और मनोबल जब हम उपासना में लगा देते हैं तो उ...
- आपके मन को क्यों डगमगाऊँगा और यह कहूँगा कि फेंक दो माला?...? न, मैं नहीं कह सकता।मित्रो! माला मेरे प्राणों से प्यारी है। इसको मैं अपने सीने से लगाए रखता हूँ, ...
- आपके मन में कोई चीज है, आप मन से बहुत अच्छे आदमी हैं, मन से आप शरीफ आदमी हैं, मन से आप सज्जन आदमी हैं, मन से आप ईमानदार आदमी हैं, लेकिन आपका क्रिया-कलाप और आपका लोक-व्यवहार उस तरह का नहीं है, जिस तरह का शरीफों का और सज्जनों का होता है, तो बाहर वाले लोगों को कैसे मालूम पड़ेगा कि आप जिस मिशन को लेकर चले हैं, उस मिशन को पूरा करने में आप समर्थ होंगे कि नहीं?...? मिशन को आप समर्थ बना सकते हैं कि नहीं? आपके विचारों की झाँकी आपके व्यवहार से भी होनी चाहिए।...
- आपके माँ-बाप ने पैदा किया होगा?...? हाँ, हम कब कहते हैं कि नहीं किया। आपके माँ-बाप ने पैदा किया; लेकिन आप यह क्यों नहीं मानते कि आपको हम...
- आपके मित्र के मैरिट में प्रथम स्थान लाने पर?...?
उत्तर- उसे दिल से बधाई देंगे। स्वयं पर उसका मित्र होने का गर्व अनुभव करेंगे। उससे प्रेरणा लेकर स्वय...
- आपके यज्ञ पूरे हो जाएँगे?...? हाँ बेटे, यज्ञ पूरे हो जाएँगे। कैसे पूरे होंगे? देख, मथुरा में हमने एक हजार कुण्ड का यज्ञ किया था और ...
- आपके यह बच्चे क्या हैं?...? इनकी तो हथेलियाँ चूमने लायक हैं। मुझे गर्व होता है। गर्व होता है कि मैं यह समझ रही थी कि मैं अपने ही...
- आपके यहाँ कमाने वाले आपके लड़के हैं, फिर भी आप उसी दलदल में पड़े हैं, क्यों पड़े हैं?...? आपका भाई कमाने वाला है, आपने इतना कमा लिया है, तो फिर क्यों आप उसमें पड़े हैं? आप उसमें से तो निकलकर...
- आपके यहाँ कोई बड़ा आदमी आये, तो आपको टाइम मिलेगा कि नहीं मिलेगा?...? फुरसत मिलेगी या नहीं मिलेगी? हमारे यहाँ यू०पी० के गवर्नर ने डी०एम० के माध्यम से खबर भेजी, सन्देश ...
- आपके यहाँ खाने को बहुत अच्छे फल मिलते होंगे?...? " हाँ! हमारे यहाँ बहुत अच्छे फल होते हैं। कैसे फल होते हैं, जरा दिखाइए? उन्होंने टोकरी में से निकालक...
- आपके यहाँ खाने को बहुत अच्छे फल मिलते होंगे?...? " हाँ! हमारे यहाँ बहुत अच्छे फल होते हैं। कैसे फल होते हैं, जरा दिखाइए? उन्होंने टोकरी में से न...
- आपके यहाँ भूत आता है कि नहीं और आता है तो भूत कैसा होता है?...? बुखार को कहते हैं क्या? नहीं भूत ऐसा नहीं होता? भूत अलग होता है। कैसा होता है? मरा हुआ प्राणी आता है...
- आपके यहाँ माला का भी कोई एकाउण्ट है क्या?...? भगवान ने कहा कि हमारे यहाँ इस तरह का कोई एकाउण्ट नहीं है। मौत का माला के साथ कोई एकाउण्ट नहीं है...
- आपके ये चार दिन बहुत कीमती हैं, आप नहीं जानते, आपके और मेरे सम्बन्ध क्या हैं?...? आप मेरे साथ अनेक जन्मों से जुड़े हुए हैं और मैं बता सकता हूँ कि मैं किस-किस जन्म में आपका क्या रहा ह...
- आपके ये बच्चे क्या हैं?...? इनकी तो हथेलियाँ चूमने लायक हैं।
मुझे गर्व होता है—मैं यह समझ रही थी कि मैं अपने ही शरीर से जुदा ...
- आपके रीवा में इतनी ठण्ढ पड़ती है?...? नहीं, इतनी नहीं पड़ती। यहाँ पड़ती है। कहीं, कोई अंश आपके अन्दर ऐसा है, जैसा कि हम चाहते हैं।
बेटे! ...
- आपके लम्बे समाधान कौन करेगा?...? रात भर कौन बैठेगा आपके पास, दो-दो घण्टे सिर कौन फोड़ेगा? आप उनके पास किस तरीके से रहेंगे? वे अपना काम...
- आपके लिए क्या यह सम्भव नहीं है?...? क्या आप इस लोभ और मोह से, अपने वासना और तृष्णा के बन्धनों को काटते हुए अंगद के तरीके से चलने के लिए...
- आपके लिए क्या यह सम्भव नहीं है?...? क्या आप इस लोभ और मोह से, अपने वासना और तृष्णा के बन्धनों को काटते हुए अंगद के तरीके से चलने के लिए त...
- आपके लिए क्या वस्तु उपस्थित करूँ?...? उन्होंने उत्तर दिया—'मेरी धूप मत रोक और एक तरफ खड़ा हो जा। वह चीज मुझसे मत छीन, जो तू मुझे नहीं दे स...
- आपके लिए डॉक्टर?...? डॉक्टर तो बड़े वाहियात होते हैं, फीस माँगते हैं और पैसा माँगते हैं। अच्छा, तो किसी हकीम को लिवा ला। ...
- आपके लिए दवा- दारू का इंतजाम करना तो है, पर क्या दवा करूँ?...? समझ में नहीं आ रहा। ऐसा कर किसी डॉक्टर के यहाँ से कोडोपायरिन ला करके दे। नहीं महाराज जी! वह तो विल...
- आपके लिए भी यह पूरे तरीके से मुमकिन था; पर आप कर नहीं पाये, क्यों?...? दिक्कत क्या थी? पैसा नहीं था? साधन नहीं थे? बेकार बात मत करिए! न पैसे से कोई ताल्लुक है, न साधनों से...
- आपके लिए भी वही रास्ता है, जो मैंने आपकी पहले दिन बताया था कि हमको गायत्री उपासना करते हुए जो चमत्कार और सिद्धियाँ मिलीं ,, उसके आधार पर रहस्य को क्यों छिपाया जाए?...? यह रहस्य बताकर मैं अपनी बात समाप्त करूँगा। आपको मैं फिर यह कहता हूँ कि उपासना से लाभ उठाने के लिए अट...
- आपके लिए भी वही रास्ता है, जो मैंने आपको पहले दिन बताया था कि हमको गायत्री उपासना करते हुए जो चमत्कार और सिद्धियाँ मिलीं, उसके आधार पर रहस्य को क्यों छिपाया जाए?...? यह रहस्य बताकर मैं अपनी बात समाप्त करूँगा। आपको मैं फिर यह कहता हूँ कि उपासना से लाभ उठाने के लिए अट...
- आपके लिए यह सब करेगी?...? नहीं, आपके लिए नहीं करेगी। इस समय युगसंधि की वेला में भगवान् इस दुनिया का ढाँचा बदलने वाले हैं। जो ख...
- आपके लिए हमने कुछ किया है या नहीं?...? इसका सबूत देखना हो तो दृष्टि पसारकर देखिये कि कुछ हुआ है, तो आप पायेंगे कि इसी कारण से यह पचास लाख...
- आपके लिए हमने कुछ किया है या नहीं?...? इसका सबूत देखना हो तो दृष्टि पसारकर देखिये कि कुछ हुआ है, तो आप पायेंगे कि इसी कारण से यह पचास लाख आ...
- आपके लिए ही क्यों बिगाड़ दे?...? क्या आप कहीं सोने के बने हुए हैं? बिगाड़ेगा तो सबके लिए बिगाड़ेगा, लेकिन अगर अपने नियम-व्यवस्था बिगा...
- आपके लोभ के ऊपर कैंची चलायी होती, आपके मोह के ऊपर क्या किया होता?...? आपकी क्षुद्रता को छीन लेता और आपके भीतर महानता के अंकुर प्रवेश होते। जब कभी भी किसी के भीतर भगवान आत...
- आपके व्यवहार में जाने क्या-क्या शानदार चीजें आएँगी?...? अध्यात्म उस चीज का नाम है जो आपके भीतर सन्तोष लाकर के देगा। यह हुई सिद्धि नंबर एक। अगर आपको यह सिद्धि...
- आपके साथ जो रहते हैं, उनसे आत्मीयता, प्रेम चाहते हैं न?...? आप जो पैसा कमाते हैं, उसमें किफायत करके बचत करना चाहते हैं न? तो हम आपसे एक बात कहना चाहते हैं कि कु...
- आपके साथ भी हमारी तीन कसौटी हैं, (1) क्या आप हमारा प्यार चाहते हैं?...? (2) क्या आप भगवान् पर विश्वास करते हैं? (3) क्या आप समय की माँग को पूरा करने हेतु अपने अन्दर उत्साह स...
- आपके साथ में बुरा व्यवहार कैसे करेंगे?...? आप राम हैं—हम कैसे कर सकते हैं? हमारी एक आँख में राम बना हुआ है। हम प्रत्येक मनुष्य को राम मानते हैं...
- आपके सामने भगवान भी आ जाएँ, तब भी आपको दिखाई न पड़े, तो कोई क्या कर सकता है?...? आप कुछ अनुभव नहीं करेंगे।
आग के पास बैठे व्यक्ति को यदि आग का अनुभव नहीं होता है, तो यही कहना पड़े...
- आपके सारे भाई जिस तरह का गुजारा करते हैं, आप क्यों नहीं कर सकते?...? आपको आपको सारे बच्चों को अपना क्यों नहीं मान सकते? कितने बच्चे हैं जो विद्या के अभाव में बैठे रहते ह...
- आपके हवन का गायत्री माता क्या करेंगी?...? नहीं साहब! मेरे हवन से निहाल हो जायेंगी और उनका पेट भर जायेगा। अरे चालाक। गायत्री माता तेरी नीयत क...
- आपके हाथ कितने बड़े हैं, अकल कितनी बड़ी है, आपकी आँखें और जुबान कितनी शानदार हैं?...? आप अपनी दैनिक जरूरतों की, जिनकी भगवान से अपेक्षा करते हैं, उनके लिए अपेक्षा मत कीजिए।...
- आपके हाथ की बात है?...? नहीं, उसके बॉस के हाथ की बात है। वह चाहेगा तो अच्छे नम्बर दे देगा, नहीं चाहेगा तो नहीं देगा। अगर बच्...
- आपके हाथी को ये पड्डा बता रहा था—पड्डा माने भैंस का बच्चा और ये कह रहा था—आप पड्डे को बेचते हैं क्या?...? ये खरीदना चाहता था कल। क्यों भाई, तुम हाथी खरीदना चाहते थे? खरीद लो, हमारा क्या है, हमारे पास तो यह ...
- आपके हिसाब से शक्तिपात किसे कहते हैं?...? आपके हिसाब से शक्तिपात उसे कहते हैं कि गुरुजी किसी के सिर पर हाथ रखें और ऐसा करेंट मारें, ऐसा झटका म...
- आपके हुक्म पर हम चलेंगे और आप तो जाने क्या कहते हैं?...? ये कहते हैं भगवान से कि आप हमारे हुक्म पर चलिए। अपनी वासनाओं के लिए, अपनी तृष्णाओं के लिए, अपने घटिय...
- आपको ध्यान होगा?...? राणा प्रताप ने यह निश्चय किया था कि वह थाली में भोजन नहीं करेंगे, जब तक अपनी आजादी प्राप्त न कर ले...
- आपको पेड़ों-वृक्षों के बराबर भी अकल नहीं आई?...? आपको तालाब के बराबर भी अकल नहीं आई? जो नदियाँ बहती गयीं और अपने पानी को लेती गयीं और पानी को खेतो...
- आपको 60 हजार रुपये का फंड मिला है, तो क्या करेंगे?...? चिटफंड में लगा देंगे। यह कैसा होता है? रुपया लगा दीजिए और खूब पैसा आता है। खूब माल कमाते हैं। फिर क्...
- आपको अगर जानकारी न होती तो आप यहाँ क्यों आते?...? मेरे पास कोई और विचार बाकी रह नहीं गया है, जो मैंने कभी अखण्ड ज्योति में छापा न हो और पुस्तकों म...
- आपको अगर हमेशा फायदा होगा, तो दूसरों को नुकसान कैसे होगा?...? किसे कहते हैं आप्तकाम मित्रो! इस तरीके से एक सन्तुलित दुनिया बनी हुई है। इस दुनिया को हम अपनी मर्जी क...
- आपको अगर हाथ-पाँव चलाना आता है, तो आपके लिए यह काफी है कि आपके लिए अध्यात्म जादूगरी है और अगर अध्यात्म जादूगरी नहीं है, तब?...? तब फिर आपको अपना व्यक्तित्व विकसित करना पड़ेगा।
मित्रो! वाणी के द्वारा मंत्र बोले जाते हैं। ...
- आपको अगर हाथ-पाँव चलाना आता है, तो आपके लिए यह काफी है कि आपके लिए अध्यात्म जादूगरी है और अगर अध्यात्म जादूगरी नहीं है, तब?...? तब फिर आपको अपना व्यक्तित्व विकसित करना पड़ेगा।मित्रो! वाणी के द्वारा मंत्र बोले जाते हैं। इसको आपको ...
- आपको अनुशासित कैसे होना चाहिए?...? आपको संयमी कैसे रहना चाहिए? आपको तपस्वी की तरह जीवनयापन कैसे करना चाहिए? ये जीवनयापन करने की पद्धति,...
- आपको अनुशासित कैसे होना चाहिए?...? आपको संयमी कैसे रहना चाहिए? आपको तपस्वी की तरह जीवन-यापन कैसे करना चाहिए? यह जीवन करने की पद्धति, दि...
- आपको अपना कुटुम्ब सीमित रखना चाहिए, फिर आप क्यों बढ़ाते चले जाते हैं?...? किसने कहा था आपको रोज बच्चे पैदा करने के लिए? आप बिना बच्चों के जिन्दा नहीं रह सकते क्या? कम बच्चों...
- आपको अपनी आँख से कैसा दीखता है?...? क्या कहूँ मैं आपसे! आपने अपना मकान बना लिया, लड़कों के लिए धन इकट्ठे कर दिये, लड़के को वकील बना दिया, ...
- आपको अपनी गतिविधियों के बारे में, दृष्टिकोण के बारे में विचार करना चाहिए कि इसमें गलतियाँ कहाँ हैं?...? जहाँ कहीं भी गलतियाँ हैं, अगर उसको आप सुधार पायें, तो फिर मैं कहूँगा कि आपके हाथ एक ऐसी चीज लग गयी,...
- आपको अपनी बात आधा घण्टे में पूरी करनी हो तो क्या?...? एक मिनट में करनी हो तो क्या? आपकी बात तो वही जहाँ की तहाँ है। हम आपकी बात का महत्त्व जानते हैं औ...
- आपको अपने आपको तपाने में जो व्यवधान अपने मन को कच्चेपन के रूप में आता है, उसको मानने से इनकार कर देना चाहिए और क्या करना चाहिए?...? और ये करना चाहिए कि आपको पीड़ित और पददलित मानवता के लिए, उसके उद्धार का हिमायत करने के लिए कमर कसकर आ...
- आपको अपने दिमाग के साथ में क्या सलूक करना चाहिए?...? उसकी शक्तियों का इस्तेमाल कैसे करना चाहिए। बेटे, उपभोग नहीं, उपयोग करना चाहिए। आज हर आदमी प्रत्येक...
- आपको अपने लक्ष्य का निर्धारण खुद ही करना पड़ेगा कि सही क्या है और गलत क्या है?...? विवेक क्या है और अविवेक क्या है? इसका निर्धारण तो आपको ही करना पड़ेगा। आप अपने रास्ते पर दूसरों को च...
- आपको अपने लिए हम क्या कहेंगे?...? हमको उसके लिए कहना है आपसे जिससे कि आपका भी कल्याण होता हो और आपको भी सन्तोष होता हो और हमारा भी कल्...
- आपको अफसर बनना है?...? पढ़-लिखकर सर्विस कमीशन के सामने जाइये और अपनी पात्रता साबित कीजिये; अच्छा डिवीजन लाइये और अच्छे नम्बर...
- आपको अफसर बनना है?...? बल्कि सर्विस कमीशन के सामने जाइये और अपनी पात्रता साबित कीजिये; अच्छा डिवीजन लाइये और अच्छे नम्बर ली...
- आपको आठ सौ पचास रुपया मिलता है, इससे आप क्या करते हैं?...? अरे साहब! खाने में, बीबी-बच्चों में खरच हो जाता है। छोटा भाई स्कूल जाता है, उसमें खरच हो जाता है। कु...
- आपको आपको सारे बच्चों को अपना क्यों नहीं मान सकते?...? कितने बच्चे हैं जो विद्या के अभाव में बैठे रहते हैं।...
- आपको इंसानी जिन्दगी (को) आप कीमत समझते हैं क्या?...? नहीं समझते। समझिए जरा, समझिए। जो सृष्टि के किसी प्राणी को नहीं मिला, वो आपको मिला है।...
- आपको इतना भी नहीं मालूम?...? इतनी बढ़िया जगह है, मैं अभी आपको बताता हूँ। भगवान् जी को नारद जी ने जगह बता दी और भगवान् जी उस दिन ...
- आपको इतना सब कुछ कैसे पता?...? ’’ गुरुजी बोले, ‘‘बेटा! अध्यात्म में सब कुछ है। जहाँ विज्ञान की सीमा समाप्त हो जाती है। अध्यात्म, वह...
- आपको इस बात की भी जानकारी नहीं है कि कल-परसों के बाद अर्थात् शरीर त्यागने के बाद में आपका क्या होना है?...? भगवान के यहाँ आपसे एक ही सवाल पूछा जाना है। भगवान के दरबार में आपको जरूर पेश होना है, आप निश्चिन्त...
- आपको इस हवन से क्या फायदा हुआ?...? ड्रामा था, तमाशा था, नाटक था। नहीं कुछ भी नहीं था। आप धुएँ में बैठे रहे, अग्नि के सामने, अपने पैसे ज...
- आपको इससे क्या मतलब है?...? हम चाहे जैसे खरच करेंगे। आप तो बस पैसा दिलवाइए। नहीं, हम नहीं दिलवाएँगे। तू बेकार की बातें करता है। ...
- आपको उनके नाम मालूम हैं?...? किसी से आपका लगाव है? उनसे कोई कशिश है? आपके और उनके बीच में कोई मोहब्बत है? बेटे कोई मोहब्बत नहीं...
- आपको उलटी नहीं हुई?...? आपका पेट फटा नहीं? सिगरेट के बण्डल खाली करते रहते हैं, आपको शरम नहीं आती? आपको ख्याल नहीं आया कि हमार...
- आपको उस सरस्वती में तीव्रता पैदा करनी चाहिए उस सरस्वती में मंत्रशक्ति पैदा करनी चाहिए जिस सरस्वती के माध्यम से आपको जप करना है तो क्या करना पड़ेगा?...? सरस्वती को जीभ पर नहीं, सरस्वती के द्वारा जीभ से जप करने के लिए आपको अपनी वाणी को मौन का अभ्यास करान...
- आपको उस सरस्वती में तीव्रता पैदा करनी चाहिए, उस सरस्वती में मंत्रशक्ति पैदा करनी चाहिए, जिस सरस्वती के माध्यम से आपको जप करना है तो क्या करना पड़ेगा?...? सरस्वती को जीभ पर नहीं, सरस्वती के द्वारा जीभ से जप करने के लिए आपको अपनी वाणी को मौन का अभ्यास करान...
- आपको उस साधु की कथा याद है?...? जो एक चोर को यह जवाब देता था—भगवान को देखना कोई कठिन नहीं है, तो एक दिन चोर ने पूछा—स्वामीजी हमें भी...
- आपको उसके सम्पादक का नाम मालूम है?...? अख़बार तो बहुत छपते हैं। कौन-कौन से छपते हैं? ‘इण्डियन एक्सप्रेस’ के सम्पादक का नाम बताइये? गुरुजी...
- आपको उसने इसीलिए खसम बनाया है क्या?...? दिनभर उसका खून पीते हैं। आप गरम खाना खाते हैं न, ऐसा कीजिए गरम लकड़ी मुँह में रख लीजिए और रोटी खाते ...
- आपको ऊँचा उठने का आपकी उन्नति के लिए कैसे रास्ता खुलता है?...? आप जो भी लक्ष्य बना करके चलेंगे, उसमें विद्वान बनते हुए चले जाएँगे। स्वास्थ्य-सम्वर्द्धन का मन हो तो ...
- आपको ऊँचा उठाने के लिए क्या हम मददगार बन सकते हैं?...? हाँ, बन सकते हैं। पर हमको हर क्षण अपने आपसे यह पूछना चाहिए और जो हमारे लिए सम्भव हो, वह करना चाह...
- आपको ऊँचा उठाने वाली सलाह ये क्या दे सकते हैं?...? नहीं साहब! हमारे पिताजी आज्ञा दे देंगे, तब तो बेटा तेरा हो गया कल्याण। न तेरे पिताजी आज्ञा दें और न ...
- आपको एक काम करना चाहिए और वह है-'' भगवान की इच्छा पूरी कीजिए है क्या इच्छा पूरी करें?...? लोकमंगल के लिए। लोकमंगल के लिए, लोकहित के लिए, जनकल्याण के लिए प्राचीनकाल के भक्तों का इतिहास देखिए ...
- आपको ऐसी परिस्थिति में क्या करना होगा?...? आपको एक समानान्तर हनुमान अपने क्षेत्र में खड़ा करना होगा, जिसका कलेवर भी हो तथा जिसमें प्राण भी हो।...
- आपको ऐसी बुद्धिमानी नहीं आती?...? आप ऐसी अकल से रिश्ता नहीं जोड़ना चाहते? अगर जोड़ना चाहते हो, तो कृपा कीजिये और आप यहाँ संयमशील बनिए। ...
- आपको कपड़े धोना अच्छा नहीं लगता?...? आइए, हम साथ-साथ धोयेंगे। अच्छा, तुम साबुन लगाती जाओ, मैं धोकर के साफ करता हूँ। हमारी उपासनाएँ जमीन प...
- आपको कमानी है?...? नहीं, आपको कमानी नहीं है।
गुरुदेव की विरासत को जन-जन तक फैलाएँ
आपको तो उसे सँभालकर रखना है औ...
- आपको करना क्या है?...? आपके जिम्मे जो काम सुपुर्द किए गए हैं, वे वास्तविक परिव्राजक के काम सुपुर्द किए गए हैं। आपको परिव्रा...
- आपको कल्पना नहीं है, हमको कल्पना है कि न मालूम, आप से लेकर के आगे आने वाली पीढ़ी से लेकर के न मालूम कौन क्या बन सकता है?...? अभी आपका क्या बिगड़ा है? थोड़े से ही मुझे ऐसे दिख रहे हैं, इनके बाल सफेद हो गए हैं, बाकी के सब हट्टे...
- आपको कहाँ पहुँचना है?...? हमारे इष्टदेव तो भगवान शंकर हैं। आपके इष्टदेव कौन हैं? हमारे इष्टदेव राम हैं- ‘इष्टदेव मम बालक राम...
- आपको कहीं दिखाई पड़ते हैं क्या?...? मुझे तो कहीं दिखाई नहीं पड़ते। सैरगाह-सैरगाह दिखाई पड़ते हैं। पुरानी ऐतिहासिक घटनाएँ जरूर उनसे जुड़ी हु...
- आपको कितनी धूपबत्तियों की अपेक्षा है?...? ’ कहिए तो हम किसी आदमी से धूपबत्ती का एक बण्डल पार्सल से भिजवा दें? भगवान जी ने कहा-‘गुरु जी! आप...
- आपको किस ढाँचे में ढलना है?...? आपका जीवन लक्ष्य क्या है? जो भी आपका लक्ष्य है, जो कुछ भी आपको बनना है, उसके लिए एक- एक शक्लें बना...
- आपको किसने बताया था यह सब?...? साहब! एक बाबाजी ने बताया था। मारा नहीं उस बाबाजी को? नहीं साहब! अच्छा अब की बार आए तो उसके कान पकड़ ...
- आपको किसने बताया था यह सब?...? साहब! एक बाबाजी ने बताया था। मारा नहीं उस बाबाजी को? नहीं साहब। अच्छा अबकी बार आए तो उसके कान पकड़ ले...
- आपको किससे प्यार मिलेगा?...? जिससे आप करेंगे। प्यार नहीं होगा तो आनन्द कहाँ से आएगा। आनन्द और प्यार एक ही चीज हैं। अतः यदि आपको इस ...
- आपको किससे प्यार है?...? पकौड़ियों से प्यार है। तो आप पकौड़ियों को क्या करते हैं? गऽऽप्-से मुँह में डाल लेते हैं। आपको किससे ...
- आपको कुछ मालूम है?...? हमको तो नहीं मालूम। हमारी आँखों में दरद होता है और हमारी आँखें लाल रहती हैं। इसलिए आपको मालूम है कि ...
- आपको कुछ विशेषता मालूम पड़ती है हममें?...? कुछ विशेषता नहीं मालूम पड़ती। हमने पाया और किसी प्रयोजन में खरच कर दिया। हमको कुछ मिला कि नहीं मिला,...
- आपको कैसे आता है?...? रात को सपने में दिखाई देता है। अच्छा! आपको रात में सपने में दिखाई देता है? कैसे दिखाई पड़ता है? ग...
- आपको कैसे मालूम पड़ा?...? हमको तो कबीर ने बताया और उनकी बात पर हमको विश्वास हो गया। तभी से मैं जान गया कि भगवान की जाति कौन सी...
- आपको कैसे समझाऊँ?...? आपने उसे क्या मान लिया, मुझे पता नहींं। ऋषि क्या कहना चाहते थे और न जाने आपकी अकल में क्या बवाल आ ग...
- आपको क्या आफत आ गयी है जो कहते हैं—जवान बना दीजिए?...? जवान बनकर क्या दूसरा विवाह करेंगे? क्या सिनेमा में जाने का मन है कि नाचने का मन है? क्यों? जवानी में...
- आपको क्या करना चाहिए और क्या नहीं करना चाहिए?...? भक्ति के लिए आपको अपने जीवन में किन सिद्धान्तों का समावेश करना चाहिए? गायत्री के अक्षरों में- उन...
- आपको क्या करना चाहिए?...? आपको चारों ओर से अपने आपको कर्तव्यों से जकड़ा हुआ समझना चाहिए। मनुष्य के बराबर सक्षम कोई नहीं है। म...
- आपको क्या करना चाहिए?...? आपकी रीति-नीति में क्या फर्क आना चाहिए? यह हम आपको पंचोपचार की प्रक्रिया के माध्यम से समझाते हैं। पं...
- आपको क्या करना चाहिए?...? मित्रो! गुरु गोलवलकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अधिष्ठाता ब्रह्मचारी थे। उनके दिमाग में यह ख्याल था ...
- आपको क्या करना पड़ेगा?...? प्रायश्चित की दृष्टि से भी आपको मुसीबत उठानी पड़ेगी। यह इसलिए उठानी पड़ेगी कि समाज का ऋण आपके ऊपर चढ...
- आपको क्या करना पड़ेगा?...? जहाँ तक कि आपका जितना बड़ा कुटुम्ब है, अगर छह आदमियों का है, तो आप उन सबको समुन्नत बनाइए। समुन्नत का ...
- आपको क्या करना पड़ेगा?...? आपको पकी-पकाई खानी है। आपको बनानी है क्या? नहीं, आपको बनाना नहीं है। न आटा मलना है और न रोटी बनानी ह...
- आपको क्या करना पड़ेगा?...? दीपयज्ञ के माध्यम से जनसम्पर्क के लिए आपको घर-घर जाना पड़ेगा। छोटे-छोटे आयोजनों के रूप में घर-घर जन्...
- आपको क्या करना पड़ेगा?...? स्टेज पर व्याख्यान भी आपको देना पड़ेगा और दीवारों पर वाक्य भी आपको लिखने पड़ेंगे। जनता को निमंत्रित ...
- आपको क्या करना पड़ेगा?...? शराफत की और अच्छी जिन्दगी जीने के लिए अपनी जीवात्मा को खुराक देने के लिए कमर बाँध करके खरा बनना पड़े...
- आपको क्या करना पड़ेगा?...? आपको अपने मन को भगवान के साथ, देवता के साथ जोड़ देना पड़ेगा। कल हमने आपको बताया था कि परिशोधन की प्रक्...
- आपको क्या करना है?...? आपको उधर ध्यान ही नहीं देना है। आपको नारी के अन्दर जो महान है, बस उसको देखना है। उपासना यहाँ से प्रा...
- आपको क्या दिखाई पड़ता है?...? आपको हर जगह दरिद्रता दिखाई पड़ती है, कंगाली दिखाई पड़ती है। दौलत बढ़ती चली जाती है, मगर आदमी का असन्तोष ...
- आपको क्या फायदा है?...? हमको यह फायदा है कि आपको ठोकर नहीं लगे, आप अपने रास्ते पर चले जाएँ, इसीलिए हम रात भर जलते रहते हैं। ...
- आपको क्या फायदा है?...? हमको यह फायदा है कि आपका जो प्रीमियम जमा होता है, उसमें से ४ प्रतिशत एन्युॲल कमीशन हमें हर साल मिल ज...
- आपको क्या फायदा है?...? हमको यह फायदा है कि आपको ठोकर नहीं लगे, आप अपने रास्ते पर चले जाएँ इसीलिए हम रात भर जलते रहते हैं। क...
- आपको क्या बनना है?...? आपको किस ढाँचे में ढलना है? आपका जीवन लक्ष्य क्या है? जो भी आपका लक्ष्य है, जो कुछ भी आपको बनना ...
- आपको क्या मतलब है?...? नहीं साहब! हम तो भगवान जी से माँगेंगे, सिद्धपुरुष से माँगेंगे। हाँ, सिद्धपुरुष और महात्मा भी दे सकते...
- आपको क्या मिलता है?...? हम तो साहब प्राइमरी स्कूल के मास्टर हैं। तो आप कहाँ तक पढ़े हैं? हमने साहब मैट्रिक पास किया है और बी...
- आपको क्या मिलता है?...? हम तो साहब प्राइमरी स्कूल के मास्टर है। तो आप कहाँ तक पढे हैं? हमने साहब मैट्रिक पास किया है और बी० ...
- आपको क्या हुआ है आज?...? आप तो पहले कभी शराब नहीं पीते थे। फिर यह मस्ती कैसी?’’ बोले—‘‘बेटी ! आज मैं हिन्दुओं के उपनिषद् पढ़कर...
- आपको क्या हो गया?...? आप क्यों रोती हैं? गुरुजी! चेलों ने हमारी बहुत मिट्टी पलीत की है। हमने कहा—क्या किया है? उन्होंने कह...
- आपको क्यों नहीं दिखाई देता?...? आप अपनी मन की आँखों को खोलकर देखिए, तो आपको मालूम पड़ेगा कि गुरुजी आपके साथ हैं। आप उस 'दृष्टि और चि...
- आपको खाना बनाने में कितना खरच होता है?...? वह तो सौ रुपये में हो जाता है। फिर आपने इसके लिए औरत को क्यों रखा है। आपने अर्थशास्त्र पढ़ा है। आपको...
- आपको खाना मिलता है कि नहीं मिलता?...? हाँ साहब! खाना तो है। फिर क्या बात है कि आप खाना नहीं खा रहे हैं? यह क्या है? अपनी इच्छा पूर्वक ...
- आपको गहरी नींद आती है?...? हाँ बेटे, हमको ऐसी गहरी नींद आती है कि हम आठ बजे यहाँ से जाते हैं और बिस्तर पर लेटते ही साढ़े आठ बजे...
- आपको गाँधी जी के बाबत मालूम है?...? बत्तीस वर्ष की उम्र में उन्होंने ब्रह्मचर्य लिया था और अपनी धर्मपत्नी को माता कहने लगे थे। ये ब्रह्म...
- आपको गाँधीजी की बाबत मालूम है?...? ३२ वर्ष की उम्र में उन्होंने ब्रह्मचर्य लिया था और अपनी धर्म-पत्नी को माता कहने लगे थे। ये ब्रह्मचर्...
- आपको गोवर्धन की परिक्रमा करनी है, तो क्या सवारी से करेंगे?...? नहीं भाईसाहब! सवारी से नहीं होगी। सही माने में पूछे, तो परिक्रमा पैरों से ही नहीं, वरन दण्डौती से होत...
- आपको चिन्ता को है?...? क्योंकि आप भगवान पर विश्वास नहीं करते। भगवान का नाम लेते हैं पर भगवान पर विश्वास नहीं करते। हम भगवान...
- आपको चिन्ता क्यों है?...? क्योंकि आप भगवान पर विश्वास नहीं करते। भगवान का नाम लेते हैं, पर भगवान पर विश्वास नहीं करते। हम भगवा...
- आपको छह वर्ष, आपको ग्यारह वर्ष, आपको तीस वर्ष हो गये, पर आपको क्या मिला?...? महाराज जी, बस यही मिला है कि नाक कट गयी तो कह दिया कि नाक की ओट में भगवान छिपा हुआ है, अब कट गयी तो ...
- आपको जप और अनुष्ठान चमत्कार कैसे दिखा पाएँगे?...? जादू-चमत्कार जैसा अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म तो मानसिक पुरुषार्थ को कहते हैं। मानसिक पुरुषार्थ का यह...
- आपको जर्म्स लग जायेंगे और उनके प्रभाव से आप मर भी सकते हैं?...? नहीं बेटे, यह तो वहम् है। मित्रो! हम अपना इल्जाम दूसरों पर लगाना चाहें तो कोई रोक नहीं सकता। आप यह...
- आपको जहाँ कहीं भी हमारे कार्यकर्ता मिलें, उनसे क्या कहें?...? आपको जनता के पास जाना पड़ेगा, जो अभी तक हमारे सम्पर्क में नहीं आये हैं। अभी तो उन्होंने केवल यह जाना...
- आपको जानना चाहिए कि अध्यात्म क्या है?...? अध्यात्म बाजीगरी नहीं है। उसमें क्रियाओं का घटाटोप नहीं है। क्रियाओं के लम्बे-चौड़े महत्त्व नहीं हैं,...
- आपको जो करना है, केवल यही करना है कि दूरगामी परिणाम क्या हो?...? तब बात बनेगी। इससे कम में बनेगी नहीं। आप यहाँ से जा रहे हैं, तो पारस को छूकर के लोहा सोना हो जात है;...
- आपको जो ग्रहण करना है, आपको जो खाना है, जो उपयोग करना है, जिसका उपभोग करना है, वो क्या होना चाहिए?...? वो मोती के तरीके से होना चाहिए। और जो आपको स्वीकार करना है, वो दूध के तरीके से होना चाहिए। सीप हटाइए...
- आपको जो धन मिला हुआ है, साधन मिले हुए हैं, उसके प्रति क्या कर्तव्य है?...? (आपको) अपने समाज के प्रति क्या कर्तव्य है? आत्मा, परमात्मा के प्रति क्या कर्तव्य है? आप केवल कर्तव्य...
- आपको जो धन मिला हुआ है, साधन मिले हुए हैं, उसके प्रति क्या कर्तव्य है?...? आपका अपने समाज के प्रति क्या कर्तव्य है? आप केवल कर्तव्यों पर विचार करें और अधिकारों की उपेक्षा करने...
- आपको जो धन मिला है, उसका क्या आपने सही कामों में उपयोग किया?...? नहीं। फिर आप किस मुँह से भगवान् के पास धन माँगने के लिए जाते हैं।साथियो, आपको जो बुद्धि मिली है उस...
- आपको जो बेशकीमती जिन्दगी मिली वो आपने कहाँ खर्च कर डाली?...? किन-किन कामों में खर्च कर डाली? आपको अभी से इसका जबाव तैयार कीजिए। आपके ये, ये जबाव माकूल नहीं है, क...
- आपको जो यह शरीर मिला हुआ था, आपको यह समझ में नहीं आया कि इस देवता का कैसे सम्मान करना चाहिए?...? यह भगवान की दी हुई धरोहर है। बेटे! यह हमारी पूँजी है, भगवान की दी हुई यह एक सम्पत्ति है। इसको आपने सँ...
- आपको जो सुविधाएँ मिली हुई हैं ,वह दूसरे प्राणियों को कहाँ मिली हुई है?...? बताइए न, मनुष्य के अलावा कपड़े कौन पहनता है? शादी विवाह किसके होते हैं? कुटुम्ब बनाकर के कौन रहता है?...
- आपको ज्ञान है?...? नहीं, बिलकुल ज्ञान नहीं है। जानकारी है? हाँ, जानकारी तो आपको है, लेकिन उस जानकारी को आपने हृदय में न...
- आपको झाडू़-बर्तन करना अच्छा नहीं लगता?...? आइए, हम और आप दोनों लगायेंगे आज। आपको कपड़े धोना अच्छा नहीं लगता? आइए, हम साथ-साथ धोयेंगे। अच्छा, तुम...
- आपको डर मालूम पडता है कि भगवान हुआ तब?...? तब वह आपके कान उखाड़ लेगा। इसलिए डर के मारे आप नहीं कहते। डर के मारे आपकी हिम्मत नहीं पड़ती। आप यही ...
- आपको तपस्वी की तरह जीवन-यापन कैसे करना चाहिए?...? यह जीवन करने की पद्धति, दिनचर्या का प्रावधान ऐसा है—इसको आप ग्रहण कर लेते हैं तो भी आप अपने आपको प्र...
- आपको तपस्वी की तरह जीवनयापन कैसे करना चाहिए?...? ये जीवनयापन करने की पद्धति, दिनचर्या का प्रावधान ऐसा है, इसको आप ग्रहण कर लेते हैं तो भी (आपको) अपने...
- आपको तालाब के बराबर भी अकल नहीं आई?...? जो नदियाँ बहती गयीं और अपने पानी को लेती गयीं और पानी को खेतों में बिखेरती हुई चली गयीं और बाँटती ...
- आपको तो दाल-बाटी बहुत अच्छा लगता होगा?...? ’’
तो वे बोले, ‘‘कहाँ! दाल बाटी चूरमा?’’ और पिता जी ने उन्हें दाल-बाटी पर एक कविता सुनाई।
कविता सु...
- आपको तो पैसों का चमत्कार चाहिए न?...? इसलिए मैं पैसे की बात कह रहा हूँ। अभी मैं इमारतों की बात बता रहा था। इमारतों की बात चलने दीजिए। नहीं...
- आपको तो बस माला जपनी आती है और चिमटा बजाना आता है और आपको उपवास करना आता है और कुछ करना नहीं आता?...? और कुछ नहीं आता। उन शिक्षाओं को कैसे हम जीवन में धारण करें और उन प्रेरणाओं से हम ओत-प्रोत कैसे हो जा...
- आपको तो बहुत अकलमंद होना चाहिए, पर आपने अपनी अकल किस काम में खरच कर डाली?...? अरे साहब! हमने तो लोगों को झूठे मुकदमे लड़ने में, झूठे गवाह तैयार करने में, झूठी फाइलें तैयार करने म...
- आपको तो मुझे मालूम नहीं कि आपके लिए भगवान हैं कि नहीं?...? पर मेरे लिए तो जरूर हैं।
बेटे! मैंने अभी तक तो भगवान कहीं देखा ही नहीं। उपासना जरूर करते हैं; लेक...
- आपको तो समझ है, आप तो पढे-लिखे आदमी हैं और अच्छी तरह जानते हैं कि जिन कामों में हमारा कोई दखल नहीं है, कोई वश नहीं, उन्हें भला हम किस तरीके से कर सकते हैं?...? अगर ब्याह-शादी करने लायक हमारे अन्दर शऊर होता तो हमारा भी ब्याह हो गया होता। हमारा ब्याह किसी ने नहीं...
- आपको तो साढ़े चौहत्तर का आशय भी नहीं मालूम कि किसे कहते हैं साढ़े चौहत्तर?...? पहले जमाने में, पुराने जमाने में लोग लिफाफे पर साढ़े चौहत्तर नंबर डालते थे।...
- आपको तो साढ़े चौहत्तर का आशय भी नहीं मालूम कि किसे कहते हैं साढ़े चौहत्तर?...? पहले जमाने में, पुराने जमाने में लोग लिफाफे पर साढ़े चौहत्तर नम्बर डालते थे।...
- आपको दिखाई न पड़ता हो तो देखिए कि हिन्दुस्तान का ही पिछले बीस-तीस साल में क्या हो गया?...? कभी यहाँ राजा छाए हुए थे। तीन-चौथाई हुकूमत राजाओं की थी। अब है कोई राजा? पच्चीस साल में सब तबाह हो ग...
- आपको दिखाई नहीं पड़ता कि हमें कैसा कष्ट हो रहा है और आप हमारा माँस नोच रही हैं, आपको दया नहीं आती?...? बिल्ली ने कहा—हमको कोई दया नहीं आती और दया से हमारा कोई वास्ता नहीं है और बेटे, हमारा वह साँप अभी भी...
- आपको दिखाई नहीं पड़ते?...? ठीक है बेटे! एक पत्थर और फेंक दे। उसने एक और फेंक दिया। दो और रह गए। उसने कहा कि महाराज जी! एक को और...
- आपको दिखाई नहीं पड़ रहा है?...? साहब! हमको तो दिखाई देता है। आपको क्या दिखाई पड़ता है? आपको हर जगह दरिद्रता दिखाई पड़ती है, कंगाली दिख...
- आपको दिखाई नहीं पड़ते?...? ठीक है बेटे! एक पत्थर और फेंक दे। उसने एक और फेंक दिया। दो और रह गए। उसने कहा कि महाराज जी! एक को और...
- आपको दिखायी नहीं पड़ता?...? आज स्त्री-पुरुष के बीच की बुराइयाँ किस कदर बढ़ रही हैं? पचास प्रतिशत जनसंख्या लकवा से पीड़ित है। हम भा...
- आपको दिखायी नहीं पड़ती?...? कृपा करके हमारी आँख से देखिये, अपनी मौत को देखिये। अपनी मौत को अगर आप देखें, तो क्या करेंगे? तो राजा...
- आपको दुःख हुआ था या नहीं हुआ था?...? हाँ साहब! बहुत दुःख हुआ था। तो यह बच्चा कौन था? ढाई साल का हमारा बच्चा था। तो क्या वह आपके पेट में स...
- आपको देवत्व की दृष्टि से अगर हम तीन-चार सौ की नौकरी दिलवा दें, देवता या सन्त का कोई आशीर्वाद या मंत्र दिलवा दें, तो वह नाचीज हो सकती है, लेकिन अगर देवता देवत्व को प्रदान करते हैं तब?...? तब वह नौकरी आपके लिए—इतनी कीमती हो जाएगी कि आप निहाल हो जाएँगे।
इस तरह से साहब! समझ में नहीं आया...
- आपको ध्यान नहीं है क्या?...? नारद जी का उदाहरण तो आपको मालूम होगा? नारद जी एक बार भगवान जी के पास गए और बोले कि भगवन्! हमारी मनोक...
- आपको ध्यान नहीं है क्या?...? नारद जी का उदाहरण तो आपको मालूम होगा? नारद जी एक बार भगवान जी के पास गए और बोले कि भगवान ! हमारी मनो...
- आपको नई चीजें पाने की जरूरत क्या है?...? जो चीजें पहले से आपके पास हैं, पहले उनको तो इस्तेमाल कर लें। नहीं साहब! नई चीजें दिलवाइए, नया पैसा द...
- आपको नरसी मेहता के तरीके से हुण्डी भी आप पर बरस सकती है उसके यहाँ कुछ कमी है क्या?...? नहीं कोई कमी नहीं है। इसलिए यहाँ जो आपको बुलाया गया है, उसका एक कारण ये भी है कि आपसे ये कहा जाएगा क...
- आपको नहाने में कितना पानी चाहिए?...? कितना पानी चाहिए बताइए? हमारे नहाने में दो बाल्टी लग जाता है। आपको मालूम है आप कितने में नहाते हैं? ...
- आपको नहीं मालूम है, परन्तु हमें मालूम है कि ये कौन थे?...? यह लड़का जो अभी-अभी नहाकर गया है, इसका नाम था शुकदेव। शुकदेव को इस बात का ज्ञान नहीं है कि मर्द कौन ...
- आपको नहीं मालूम है, परन्तु हमें मालूम है कि ये कौन थे?...? यह लड़का जो अभी-अभी नहाकर गया है, उसका नाम था शुकदेव। शुकदेव को इस बात का ज्ञान नहीं है कि मर्द कौन ह...
- आपको नहीं मालूम है?...? लड़ाई-झगड़े से लेकर और अन्य अन्य जो समस्याएँ हैं, मार-काट से लेकर के और प्रलय तक।...
- आपको निषेधात्मक विचारों को कटाना नहीं आता?...? आप विधेयात्मक विचार शुरू कीजिये और खुश से रहना सीखिये।यहाँ से आप जाएँ और कभी आपके मन में ये विचार आय...
- आपको पता लगेगा कि आप क्या हो- ‘मनुष्य या पशु?...? ’
९. सन्तोष का फल
एक बार एक देश में अकाल पड़ा। लोग भूखों मरने लगे। नगर में एक धनी दयालु पुरुष थे। उन्ह...
- आपको पता है न कि सिनेमा के गानों की शक्ति आसमान में कितनी फैल गयी है और आदमी को सिनेमा के गंदे और फूहड़ गाने याद हैं?...? हमारे बच्चों को याद हैं। आदमी के दिमाग में वही खुराफात याद आती रहती है।...
- आपको पसीना बहाना आता है?...? पसीना बहाना अगर हमको आ गया होता, तो हमारी विद्या, पैसा चक्कर लगा रहे होते। बेटे, पैसा हमारा चला गया ...
- आपको पिंडदान देने की फिक्र है न?...? आप अपने आप अपना पिंडदान कर लीजिए। अपना तर्पण आप कर लीजिए। अपना श्राद्ध आप स्वयं कर लीजिए।
मित्रो...
- आपको पुराणों की कथा पर विश्वास है कि नहीं?...? चलिए मुसलिम धर्म की एक कथा और बता देता हूँ, फिर इतिहास की कथा बताऊँगा। पुराणों की कथा पर आपका विश्वा...
- आपको पुराने-नमूने बताऊँ कि नए बताऊँ?...? महाराज जी पुरानों पर तो हमारा कम विश्वास है। पुरानों में तो ऐसी बात मालूम पड़ती है जो गप-शप जैसी हो य...
- आपको पेट भरने में दिक्कत क्यों होनी चाहिए?...? मित्रो! अगर आप औसत भारतीय नागरिक के तरीके से जिन्दगी जियें और किफायतसारी से रहें तो आप यकीन रखिए थोड़े...
- आपको पेट भरने में दिक्कत क्यों होनी चाहिए?...? आप औसत नागरिक, भारतीय की तरीके से अगर जिन्दगी जिएँ, और किफायतशारी से रहें, तो आप यकीन रखिए, आप थोड़े ...
- आपको प्यार आता है?...? कभी नहीं। आप तो अपनी बीबी की हमेशा शिकायत करते हैं। वह काली है, मोटी है। शादी के समय भी दहेज लेकर नह...
- आपको प्रसन्नता हो, खुशी के, सफलताओं के मौके आएँ, ठीक हैं, आप अच्छे रहिए; लेकिन जब मुसीबतों के मौके आएँ, तब?...? तब भी आप प्रसन्न रहिए, मुसकराते रहिए। मुसीबतें जो-जो आती हैं, वह आपको मजबूत बनाने के लिए आती हैं, आप...
- आपको फुरसत मिल गयी?...? हाँ बेटे, हमने फुरसत निकाल ली। कई जरूरी काम थे। चिट्ठियाँ लिखनी थीं, लेख भी लिखना था। लेकिन इन्हें...
- आपको बच्चों को बिल्ली-बन्दर की कहानी सुनाना नहीं आता?...? आपके बच्चे बिल्ली की कहानी, बन्दर की कहानी सुनने में कितना आनन्द अनुभव करते हैं, इसका पता आपको नहीं है...
- आपको बताऊँ, कहाँ है वह जगह?...? अच्छा! आपको बताये देता हूँ, आप किसी से मत कहना, नहीं तो और लोग पहुँच जायेंगे। वह जगह है इन्सान का ...
- आपको बनानी है क्या?...? नहीं, आपको बनाना नहीं है। न आटा मलना है और न रोटी बनानी है। तो फिर क्या करना है? पकी-पकाई खानी है। ब...
- आपको बहुत बोलना आता है, पर आप हैं क्या?...? हमको यह बताइए। असल में प्रभाव आपके व्यक्तित्व का पड़ेगा। जिस काम के लिए हम आपको भेजना चाहते हैं, वह ...
- आपको बहुत बोलना आता है, पर आप हैं क्या?...? हमको यह बताइए। असल में प्रभाव आपके व्यक्तित्व का पड़ेगा। जिस काम के लिए हम आपको भेजना चाहते हैं, वह आ...
- आपको बुखार है कि नहीं हम कैसे जानें?...? बुखार जानने का एक ही तरीका है कि आपका शरीर गर्म होना चाहिए, तो हम मान लेंगे कि आपको बुखार है और आपके...
- आपको बुखार है कि नहीं, हम कैसे जाने?...? बुखार जानने का एक ही तरीका है कि आपका शरीर गरम होना चाहिए तो हम मान लेंगे कि आपको बुखार है।गायत्री म...
- आपको बोलना नहीं आता है तो हम क्या करें?...? आप पोस्टमैन का काम करिये। हम बोलना सिखा देंगे। लड़कियों को सिखा दिया था। महाराज जी हमें भी बोलना सिखा...
- आपको भगवान का चौबीसवाँ अवतार होता हुआ दिखाई पड़ता है क्या?...? दुनिया का कायाकल्प होता हुआ दिखाई पड़ता है क्या कि किस बुरी तरीके से गलाई-ढलाई हो रही है।मित्रो, इन द...
- आपको भगवान का चौबीसवाँ अवतार होता हुआ दिखाई पड़ता है क्या?...? दुनिया का कायाकल्प होता हुआ दिखाई पड़ता है क्या कि किस बुरी तरीके से गलाई-ढलाई हो रही है। आपको दिखाई ...
- आपको भविष्य की सम्भावना है?...? आपकी कोई भी उपासना, चाहे गायत्री मन्त्र हो, चाहे कोई भी हो, मैं तो एक जनरल बात कहता हूँ। गायत्री मन्...
- आपको भविष्य में कब मरना हैं, बताइए?...? हमें मालूम नहीं, तो फिर आप हमारा मरना कैसे बता सकते हैं? उन्होंने भविष्य बताने वाले सब पण्डित वापस कर...
- आपको भाषा का ज्ञान किसने दिया?...? आपको संसार की समस्त वस्तुओं का परिचय किसने करवाया?
बालक- हमारी माँ ने।
प्रशिक्षक-फिर लक्ष्मी हमें धन...
- आपको भी आत्मज्ञान है?...? हाँ साहब! हम ईश्वर के अंश हैं—'ईश्वर अंश जीव अविनाशी।' ये किसके लिए कह रहा है? अपने लिए। तो ...
- आपको भी कुछ करना चाहिए?...? आप नहीं करेंगे तब? रानी मक्खी शहद के छत्ते में बच्चे दिया करती है, लेकिन वह अकेले ही सब काम थोड़े ही ...
- आपको भी गाली दी थी?...? हाँ साहब! हमको भी उसने खूब गालियाँ सुनाई थीं। तो फिर आपने भी उसको गालियाँ दीं कि नहीं? क्यों? क्योंक...
- आपको भीष्म पितामह की बाबत मालूम है?...? भीष्म पितामह शय्या पर पड़े रहे, छह महीने बाद तक पड़े रहे और कहा मुझे फुरसत नहीं है। कितने तीरों से घाय...
- आपको मशक्कत के इसलिए कहा जाएगा तो आपका अध्यात्म गायब हो जाएगा, फिर आप क्या करेंगे?...? साईं बाबा की पूजा करेंगे, मनसा देवी की पूजा करेंगे। क्या करेंगे इनकी पूजा करके? कम्यूनिज्म बहुत कष्ट...
- आपको मालूम नहीं है कि बोलने में आदमी की कितनी शक्ति खरच होती है?...? जो शक्ति आपको आध्यात्मिक उन्नति के लिए आवश्यक है, वह इससे कितनी खरच होती है? अच्छा, हम आपको इस तरीके...
- आपको मालूम नहीं है कि बोलने में आदमी की कितनी शक्ति खरच होती है?...? जो शक्ति आपको आध्यात्मिक उन्नति के लिए आवश्यक है, वह इससे कितनी खरच होती है? अच्छा, हम आपको इस तरीके...
- आपको मालूम नहीं है कि हर क्षण हम आग की तरह से कैसे धधकते रहते हैं और कहते हैं कि कोई है क्या?...? जो हमारे आग की चिनगारी को ले जाए? हम इनके लिए क्या मददगार हो सकते हैं? इनको हम कैसे शान्ति पहुँचा सक...
- आपको मालूम नहीं है?...? बेटे, हमको तो मालूम नहीं है, तू ही बतादे। देखिये महाराज जी! रामायण में लिखा है। क्या लिखा है? ‘‘...
- आपको मालूम नहीं, ये क्या मामला है?...? क्या है, बताइये? रविवार का दिन है। इन्होंने सुबह ही सब इंतजाम कर रखा है। ये लोग वकील, मुंशी आदि बहुत...
- आपको मालूम नहीं, ये क्या मामला है?...? क्या है बताइए, रविवार का दिन है। इन्होंने सुबह ही सब इंतजाम कर रखा है। ये लोग वकील, मुंशी आदि बहुत ब...
- आपको मालूम पड़ गया, तो आप भी चले जाएँगे, आपको क्यों बता दें, हमारी बैंक कहाँ की है?...? बैंक में लाखों लिए जो आप बैठे हैं। आपकी जेब से निकाला और उसे काम में ले लिया, कौन रखवाली करेगा इसकी?...
- आपको मालूम ही नहीं, देवताओं के अनुग्रह में कोई कमी है क्या?...? गंगा जब हिमालय से चलीं, तो मन में एक ही बात थी—अब हम यहाँ नहीं रुकेंगे, लोगों की प्यास बुझाएँगे, खेत...
- आपको मालूम है आप कितने में नहाते हैं?...? हमारे में तो दो बाल्टी लग जाता है। गुरु जी! आपसे तो बहुत बड़े हैं। तो कितना बाल्टी चाहिए? भगवान जी तो...
- आपको मालूम है कि चोरी कब हुई थी?...? हम तो सो रहे थे, खर्राटे भर रहे थे, हमें कुछ मालूम नहीं। अच्छा भाई! इन्हें तो रिहा कर दो। अच्छा जग...
- आपको मालूम है कि नहीं मालूम है कि हनुमान जी का क्या हुआ?...? नहीं मालूम है तो चलिए मैं बताता हूँ। ताकत के हिसाब से अजीब थे। पहाड़ को ही उठाकर ले आये। स्थूल शरीर इ...
- आपको मालूम है क्या?...? कितने कमरे चाहिए, कितने इंस्ट्रूमेंट चाहिए? सौ बेड का अस्पताल किसे कहते है? बेटे, यह सौ बेड का अस्...
- आपको मालूम है क्यों डालते थे?...? जो कोई उस लिफाफे को खोल लेगा, उसको साढ़े चौहत्तर मन जनेऊ, जो अगणित हिंदुओं ने पहन रखे थे और काट डाले ...
- आपको मालूम है क्यों डालते थे?...? जो कोई उस लिफाफे को खोल लेगा उसको साढ़े चौहत्तर मन जनेऊ जो अगणित हिन्दुओं ने पहने रखे थे और काट डाले ...
- आपको मालूम है न कि सीताजी का जन्म क्यों हुआ था?...? रावण को मारने के लिए जब सीताजी की जरूरत थी, तब ऋषियों ने अपना रक्त एकत्र करके एक घड़े में बन्द किया थ...
- आपको मालूम है न, कल हम लोगों ने कथा में सुना था कि भगवान सब जगह विराजमान है, सबमें विद्यमान है?...? भगवान सबमें मौजूद है। उसकी हजार आँखें हैं—
ॐ सहस्रशीर्षाः पुरुषः सहस्राक्षः सहस्रपात।
स भूम...
- आपको मालूम है न, देवताओं के अनुग्रह में कोई कमी है क्या?...? गंगा को, जब गंगा हिमालय से, हिमालय से निकलके चली। अब हम यहाँ नहीं रहेंगे हमको लोगों कि प्यास बुझानी ...
- आपको मालूम है ना कि सीताजी का जन्म क्यों हुआ था?...? रावण को मारने के लिए जब सीताजी की जरूरत थी तब ऋषियों ने अपना रक्त एकत्र करके एक घड़े में बन्द किया था...
- आपको मालूम है, कैसे आ गए?...? ये बेटे! अपने आप नहीं आए हैं। सही मानना, एक भी अपने आप नहीं आया। ये खींच-खींचकर बुलाए गए हैं। जैसे ग...
- आपको मालूम है?...? हाँ साहब! मालूम है। पाँच कोश, पाँच देव, पाँच प्राण, पाँच तत्त्व। हाँ ये भी ठीक है। जीवन-साधना के पाँ...
- आपको मालूम है?...? नहीं, हमें तो नहीं मालूम। जिन दिनों सत्याग्रह में गाँधी जी ने अपना उत्तराधिकारी घोषित किया कि मेरे...
- आपको मालूम है?...? कथा पढ़ी है? नहीं, नहीं पढ़ी शायद। पाण्डव जो थे, पाँच देवताओं के बेटे थे। कर्ण जो था, वह भी देवता का ब...
- आपको मूर्तिकला आती है?...? नहीं मूर्तिकला तो नहीं आती। मित्रो! अध्यात्म की टेक्नीक काफी नहीं है। टेक्नीक जरूरी तो है, पर काफी न...
- आपको मैं इतिहास इसीलिए बता रहा हूँ कि आप समझें कि दर्शन कितनी जबर्दस्त चीज है?...? दर्शन उस चीज का नाम है जो कौमों को बदलकर रख देता है, बिरादरियों को, मुल्कों को, परिस्थितियों को बदल ...
- आपको यशस्वी बना सकते हैं?...? हम आपको सब कुछ उपलब्ध करा सकते हैं। हम बड़े मालदार हैं। सावित्री ने गले में माला पहना दी। क्या आपने स...
- आपको यह अनुभव करना चाहिए कि आप यहाँ शान्तिकुञ्ज में निवास करते हैं, गायत्री नगर में रहते हैं, यह क्या है?...? यह गुरुजी का बर्तन पकाने का अवा है। कुम्हार को आप जानते हैं? कुम्हार कच्चे बर्तन बनाता है, बनाने के ...
- आपको यह कथा मालूम है न?...? ठीक यही कथा, मनुष्य जाति के सामने इस समय भी उपस्थित हुई है। मनुष्य जाति को आप गज के तरीके से मान सकत...
- आपको यह जानकारी होनी चाहिए कि अगर जड़ नहीं होगी, तो फूल कहाँ से आयेगा?...? तना नहीं होगा, तो भी फूल नहीं आयेगा। अतः जड़ें होनी चाहिए, तना होना चाहिए। आप जड़ और तने का मूल्य नह...
- आपको यह जानना चाहिए कि वस्तुतः गायत्री किसका नाम है?...? गायत्री है श्रद्धा का नाम, प्रज्ञा का नाम। हम इसी प्रज्ञा की स्थापना करेंगे और जन-जन से कहेंगे कि आप...
- आपको यह तक पता नहीं चल सका कि हम कहाँ से आये हैं और हम कहाँ जा रहे हैं?...? आपको इस बात की भी जानकारी नहीं है कि कल-परसों के बाद अर्थात् शरीर त्यागने के बाद में आपका क्या होन...
- आपको यह देखना है कि आपका जिन चीजों से गुजारा होता है, वह कहीं पाप की कमाई तो नहीं है?...? पाप की कमाई से अगर आप गुजारा करते हैं तो आपका समग्र व्यक्तित्व, जिसमें आपकी जीभ भी शामिल है, परिष्कृ...
- आपको यह देखना होगा कि जब आप घर छोड़कर आए थे, तब आपकी भावना क्या थी?...? जब आप घर से चले थे और जो स्तर आपका था, वह स्तर कम होने पर या समाप्त हो जाने पर आपकी हालत उसी स्त्री ...
- आपको यह भी नहीं मालूम कि कौन सी चीज कहाँ मिलती है?...? आपको चिपकाने वाली टिकट डाकघर में मिलेगी। रेल से सफर करने का टिकट रेलवे स्टेशन पर मिलेगा।स्वामी रामती...
- आपको यह भी पता नहीं है कि कौन-सा फल मीठा है?...? इस बगीचे में ढेरों फल मीठे हैं और ढेरों फल खट्टे हैं। आपको यह ज्ञान नहीं है कि कौन से फल मीठे हैं। उ...
- आपको यह मालूम है?...? क्रियाएँ संकेत करती हैं, दिशाएँ देती हैं कि आखिर हमको करना क्या है? आखिर हमको जीना कैसे है? यह सारे-...
- आपको यह सब किसने कहा था?...? साहब! वो बाबा कह रहा था। पागल है बाबा।
मित्रो! क्या करना चाहिए? आपको वास्तविकता के नजदीक आना ...
- आपको यह सब किसने कहा था?...? साहब! वो बाबा कह रहा था। पागल है बाबा।मित्रो! क्या करना चाहिए? आपको वास्तविकता के नजदीक आना चाहिए।...
- आपको यह समझना चाहिए कि पूजा-उपासना का सारे-का-सारा स्वरूप किसलिए बनाया गया है?...? चलिए पहले तो मैं यह कहूँगा कि भगवान किसलिए बनाया गया है। भगवान बनाया गया? हाँ, भगवान बनाया गया है। ए...
- आपको यह सोचना है कि आप अपना समय, श्रम, अकल, कितना इस कार्य में लगा सकते हैं?...? दूसरा आपने ब्रह्मवर्चस की यज्ञशाला में पूजन किया, एक फूल चढ़ाया। हम चाहते हैं कि आप तपस्वी बनें, नेक ...
- आपको यहाँ कुछ मिल रहा है?...? नहीं, यहाँ कुछ नहीं मिल रहा है। आखिर ये क्या बात है? एक ही चीज है और वह चीज है—हमारा स्नेह, वह चीज ह...
- आपको याद है कि नहीं है, मैं आदमी की पूजा को माला से नहीं गिनना चाहता, वरन मैं यह देखना चाहता हूँ कि भगवान आपके जीवन में आ गया कि नहीं?...? आपके आचरण में आ गया कि नहीं? आपके आचरण में अगर भगवान नहीं है, आपके मन में अगर भगवान नहीं है, चिन्तन म...
- आपको याद है कि नहीं है, मैं आदमी की पूजा को माला से नहीं गिनना चाहता, वरन मैं यह देखना चाहता हूँ कि भगवान आपके जीवन में आ गया कि नहीं?...? आपके आचरण में आ गया कि नहीं? आपके आचरण में अगर भगवान नहीं है, आपके मन में अगर भगवान नहीं है, चिन्तन म...
- आपको याद होगा कि आप जब अपने घर से आए थे, आपकी क्या भावनाएँ थीं?...? यही थीं न कि हम गुरुजी के लिए, गुरुजी के कार्य के लिए तथा मिशन के लिए, समाज-सेवा के लिए, राष्ट्र के ...
- आपको रात में सपने में दिखाई देता है?...? कैसे दिखाई पड़ता है? गुरुजी! घोड़े पर सवार होकर आया था, बैल पर सवार होकर आया था और हाथी पर सवार हो...
- आपको लेख पसन्द आते हैं?...? हाँ आते हैं। आप गुरुजी से सहमत हैं? हाँ साहब सहमत हैं। हम तो खुद पढ़ते हैं और दूसरों को पढ़ाते हैं। ...
- आपको लोकहित करना है या आपको भगवान का भक्त बनना है?...? भगवान का भक्त बनना हो तो आपको हनुमान जी को इष्टदेव बनाने में कोई हर्ज नहीं है। यदि आपको उदात्त बनना ...
- आपको लोकहित करना है या आपको भगवान का भक्त बनना है?...? भगवान का भक्त बनना हो तो आपको हनुमान जी को इष्टदेव बनाने में कोई हर्ज नहीं है। यदि आपको उदात्त बनना ...
- आपको वर्तमान क्या करना चाहिए?...? आज का दिन आप किस तरीके से बेहतरीन बना सकते हैं - अगर ये विचार आपके जी में आ जाएँ, फिर मैं आपसे ये कह...
- आपको वर्तमान में क्या करना चाहिए?...? आज का दिन आप किस तरीके से बेहतरीन बना सकते हैं? अगर ये विचार आपके जी में आ जाये तो फिर मैं आपको यह क...
- आपको वह भी मंजूर नहीं है और यह भी मंजूर नहीं है, फिर आप क्या है?...? मैं नहीं जानता कि आप क्या हैं?
ऐसी स्थिति में यही कहा जा सकता है कि न आप हिन्दू हैं, न आप मुस...
- आपको विचार करना चाहिए कि भगवान् ने ऐसा पक्षपात क्यों किया?...? अगर अन्य प्राणियों में सोचने का, विचार करने का माद्दा रहा होता, तो वे भगवान् के सामने उपस्थित हो...
- आपको शरीर समेत स्वर्ग को चलना चाहिए?...? उन्होंने कहा—"यह कुत्ता, जो हमारे साथ है, उसका क्या होगा?" कुत्ते तो स्वर्ग में नहीं जाते, केवल आप ह...
- आपको शिकायत है कि नहीं?...? आपको बराबर शिकायत है और हमको हजार गुनी शिकायत है। हमको तुझसे हजार गुनी शिकायत है। तैंने अपने समय का ...
- आपको संयमी कैसे रहना चाहिए?...? आपको तपस्वी की तरह जीवनयापन कैसे करना चाहिए? ये जीवनयापन करने की पद्धति, दिनचर्या का प्रावधान ऐसा है...
- आपको संयमी कैसे रहना चाहिए?...? आपको तपस्वी की तरह जीवन-यापन कैसे करना चाहिए? यह जीवन करने की पद्धति, दिनचर्या का प्रावधान ऐसा है—इस...
- आपको संसार की समस्त वस्तुओं का परिचय किसने करवाया?...?
बालक- हमारी माँ ने।
प्रशिक्षक-फिर लक्ष्मी हमें धन देती है और सरस्वती हमें ज्ञान देती है, इस कल्पना ...
- आपको सब शक्ति मिल गई, आप समझते क्यों नहीं?...? आप समझिए।
बेटे! गुरुजी को किसने जाना है? मैं समझती हूँ कि अभी किसी ने नहीं जाना है। भगवान जाने हम ...
- आपको समझ नहीं आता कि आखिर लोग आपसे दूर क्यों भागते हैं?...? जानने के लिए पढ़ें—
1. मानसिक सन्तुलन 2. मित्र भाव बढ़ाने की कला 3. आन्तरिक उल्लास का विकास 4. आत्...
- आपको समय के बारे में अनुशासित किया गया है न?...? जब घण्टी बजती है, तब आपको आने के बारे में कहा गया है न? सुबह जब आपको प्रज्ञापेय मिलता है, तब घण्टी ब...
- आपको सहयोग कहाँ से मिलेगा?...? आप स्मारिका कहाँ से छापेंगे। इसलिए स्मारिका आप जरूर छापें।इसके अलावा और भी बहुत से काम हैं, जो आपक...
- आपको सहयोग मिलता है?...? किसी का नहीं मिलता। धर्मपत्नी का मिलता है? नहीं साहब, उसका भी नहीं मिलता। माता जी का मिलता है? नहीं ...
- आपको सहयोग मिलता है?...? किसी का नहीं मिलता। धर्मपत्नी का मिलता है? नहीं साहब, उसका भी नहीं मिलता। माता जी का मिलता है? नहीं,...
- आपको हम अभी बता सकते हैं कि हिन्दू धर्म में दैत्यों की शक्ल क्या है?...? हिन्दू धर्म क्या है? अलंकारों के माध्यम से अत्यधिक महत्त्वपूर्ण समस्याओं को सुलझाने का यह एक बेहतरीन...
- आपको हम इस तरह कैसे ले चलेंगे?...? आपको तो मोटर में ही चलना पड़ेगा। उसने बताया नहीं कि मोटर हमारी है। मोटरगाड़ी घर के बाहर खड़ी कर दी। ...
- आपको हम क्यों कष्ट देंगे?...? आपने हमको सुन्दर जिन्दगी दी और साथ में हमको सारी-की योग्यताएँ दीं। हम अपनी मशक्कत करें, योग्यताएँ बढ़...
- आपको हम प्यार करते हैं, इसलिए हमारे मन में जो बनावट होनी चाहिए, वह सिर्फ एक ही बनावट होनी चाहिए कि हम आपके लिए क्या त्याग कर सकते हैं?...? हमको आपके लिए क्या करना चाहिए? आपको ऊँचा उठाने के लिए क्या हम मददगार बन सकते हैं? हाँ, बन सकते ह...
- आपको हम शक्ति देंगे, आपको ज्ञान देंगे, आपको न मालूम हम क्या-क्या देंगे?...? आपको पहलवान बनाएँगे कि आप जहाँ जाएँगे, वहाँ आपका कोई मुकाबला नहीं कर सकता। आपका कोई मुकाबला कर जाए, ...
- आपको हमसे ब्याह करना ही पड़ेगा?...? चल, बड़ी आई ब्याह करने वाली, हम क्या ब्याह करेंगे? फिर आएगी तो वैसा ही होगा। नहीं, महाराज जी! हम तो ...
- आपको हमारी शक्ल नहीं मालूम तो क्या?...? हमारे फर्ज और कर्तव्य तो आपने निभा दिए। आप हमारे सच्चे भक्त हैं।" उसकी नौकरी में तरक्की कर दी गई औ...
- आपको हिरन पकड़ने हों, तो आप यही करना और क्या काम करें?...? जंगल में आप चले जाइए। जंगल में आप जाइए और जो भी जानवर पकड़ना हो, आप इसी तरह से पकड़िए। हाथी पकड़ने हों,...
- आपको हैजा हो जाता, आपको छूत की बीमारी हो जाती, तो क्या होता?...? आपकी माँ ने कहा कि न जाओ, आपकी बीबी ने कहा कि न जाइये। जब दोनों मना कर रहे थे, तो आप कैसे सहायता करन...
- आपको-छह वर्ष, आपको-ग्यारह वर्ष, आपको-तीस वर्ष हो गए पर आपको क्या मिला?...? महाराज जी, बस यही मिला है कि नाक कट गई तो कह दिया कि नाक की ओट में भगवान छिपा हुआ है, अब कट गई तो भग...
- आपत्तिकाल की बात कह रहे हैं?...? आपत्तिकाल की कीमत जो समझते हैं, उनको यह भी ध्यान है कि आपत्तिकाल के लिए आपत्तिकालीन व्यवस्थाएँ बनाई ...
- आपने अभी बुलाया कहाँ था?...? हाँ, ठीक है, यहाँ आ जा। बैठ जा, यहाँ आ और खाना खा ले, तो नौकर को ऐसे खाना खिलाया जाता है और मालि...
- आपने इसको बहकाया-फुसलाया था कि नहीं?...? हाँ, साहब! बहकाया फुसलाया था। बात तो आपकी ठीक है। आपने जिन्दगी भर एक काम किया है—लोगों को बहकाया ...
- आपने आदर्शों से कोई प्यार नहीं किया है?...? मैं क्या कह सकता हूँ? आदर्श तो आपके लिए एक बहाना है, एक मनोरंजन है। आदर्श तो आपके लिए मखौल है। लोग...
- आपने गौर क्यों नहीं किया कि यह तीसरी आँख क्या है?...? कामदेव को जलाने की बात क्या है? जिन लोगों ने थोड़ी साइंस पढ़ी है वे जानते हैं कि थ्री डायमेंशन क्या ...
- आपने देखे हैं कि भूत कैसे होते हैं?...? हाँ, हमने देखे हैं और आपको भी दिखा सकते हैं। चलते-फिरते प्रेत-पिशाच ये भूत आपको कहाँ मिलेंगे? मित्रो...
- आपने बुरा काम किया है, तो आपकी हिम्मत नहीं बढ़ेगी कि हमारा कोई क्या कर लेगा?...? कल नहीं तो परसों हमको इसका प्रतिफल जरूर मिलेगा और हमारे गुनाहों का फल हमारे सामने जरूर आ जायेगा।...
- आपने अगर भजन किया होता तो आपके भीतर से कोई हेर-फेर न होता क्या?...? शराब पीने वाले की जिन्दगी में हेर-फेर दिखाई पड़ता है। बुखार आने वाले की जिन्दगी में हेर-फेर दिखाई पड़त...
- आपने अगर भजन किया होता तो आपके भीतर से कोई हेर-फेर न होता क्या?...? शराब पीने वाले की जिन्दगी में हेर-फेर दिखाई पड़ता है। बुखार आने वाले की जिन्दगी में हेर-फेर दिखाई पड़ता...
- आपने अपना दिल देखा है क्या?...? फेफड़े देखे हैं क्या? गुर्दे देखे हैं क्या? वे दिन-रात चौबीसों घण्टे आपकी सेवा में लगे रहते हैं। हमको...
- आपने अपनी वाणी को कैसे शुद्ध बनाया?...? बेटे! हमने संयम किया है। चौबीस वर्षों तक जौ की रोटी और छाछ का सेवन किया। इससे हमारी जीभ इस योग्य ह...
- आपने अपने अन्दर मुलायमियत क्यों पैदा नहीं की?...? अगर आपने अपने अन्दर मुलायमियत पैदा की होती, अपने भीतर गड्ढे बनाए होते, तो हमने आपके भीतर तालाब, झरने,...
- आपने अपने गुरु को जीभ से स्वीकार किया है या अन्तरंग से स्वीकार किया है?...? अन्तरंग से किया है तो आपके गुरु आपके साथ हैं और हर समय आपके साथ हैं, चाहे वे दिखाई नहीं पड़ते हों।...
- आपने अपने गुर्दे देखे हैं?...? किसी और के भले ही देखे होंगे, पर अपने नहीं देखे होंगे। फेफड़े आपने देखे हैं क्या? वह भी नहीं देखे ह...
- आपने अपने चिन्तन का परिष्कार किया कि नहीं?...? नहीं, वह तो नहीं किया। और भावनाएँ? भावनाएँ भी नहीं हुईं। क्रियाएँ तो की और उन क्रियाओं से शरीर को फा...
- आपने अपने बहन-भाइयों को कम से कम इस लायक नहीं बना दिया कि वे अपने पाँव पर खड़े हो सकें, फिर आपको अपने ही बच्चे पैदा करने की क्या आवश्यकता थी?...? नहीं साहब! हमको नये बच्चे की जिम्मेदारी उठानी चाहिए, पुराने मरते हों तो मरें। बेटे, फिर तू कहाँ ...
- आपने अपने बालों को ऐसे कैसे बना रखा है कि कान ढके हैं?...? भाई साहब! हमने इसलिए बना रखा है कि सब के सब लोग हमारी तरफ देखेंगे और कहेंगे कि ये बाबूजी सबसे ज्यादा...
- आपने अपने भविष्य के बारे में क्या सोचा है?...? भविष्य के बारे में, क्या शादी नहीं करना चाहते। अभी हमारे माता पिता का कर्ज हमारे ऊपर रखा हुआ है, अभी...
- आपने अपने भविष्य के बारे में क्या सोचा है?...? भविष्य के बारे में क्या? शादी नहीं करना चाहते? अभी हमारे माता-पिता का कर्ज हमारे ऊपर रखा हुआ है, अभी...
- आपने अपने मन में, अपने स्वभाव में, अपने कर्म में गन्दगियाँ भर रखी हैं तो ऐसे में भगवान क्या करेंगे?...? कहाँ जाएँगे? कैसे रहेंगे? भगवान के लिए जगह तो बनाइये न साफ। भगवान के लिए जगह साफ करें। जगह से मतलब क...
- आपने अपव्यय कहाँ देख लिया?...? बेटे, आदमी न मेहनत करता है, न परिश्रम करता है, न योग्यता बढ़ाता है, केवल अपव्यय बढ़ाता हुआ चला जाता है...
- आपने अब्राहम लिंकन का नाम सुना है ना?...? जॉर्ज वाशिंगटन को जानते हैं ना? गाँधी जी का जीवन इतिहास आपने पढ़ा है ना? बुद्ध का इतिहास पढ़ा है ना? इ...
- आपने अर्जी लगा दी, अब कबूल करना, न करना उसकी मरजी है कि किसकी कबूल होगी और किसकी नहीं होगी?...? कबूल होना अलग बात है और करना बात अलग है। दोनों बातें एक नहीं हो सकतीं। आपने कर दी और यह कबूल हो जाएग...
- आपने आँख से कहा था न कि खबरदार, हमारी बात नहीं मानी तो?...? हाँ साहब! कहा था। जब आँख दुःखने लगी तो कहा था कि तुम हमारा कहना नहीं मानती हो। तुम अच्छी हो और हमारा...
- आपने आग में लकड़ी को मिलते हुए देखा है?...? लकड़ी की क्या कीमत है! दो कौड़ी की लकड़ी अगर आग के साथ मिला दी जाए, तो थोड़ी-सी देर में लकड़ी गरम होने लग...
- आपने इतनी मोटी बात को समझने से इनकार क्यों कर दिया?...? नहीं साहब! भगवान गोदी में ले लेगा। किस कीमत पर भगवान गोदी में ले लेगा, जरा बताना तो सही? भजन की कीमत...
- आपने इतनी मोटी बात को समझने से इनकार क्यों कर दिया?...? नहीं साहब! भगवान गोदी में ले लेगा। किस कीमत पर भगवानगोदी में ले लेगा, जरा बताना तो सही? भजन की कीमत ...
- आपने इन बच्चों को नहीं खिलाया?...? अरे साहब सबको खिलाते हैं, किन्तु हम जानते हैं कि ये बिल्कुल बेकार की चीजें हैं।
आप तो कह रहे थ...
- आपने इन बच्चों को नहीं खिलाया?...? अरे साहब सबको खिलाते हैं, किन्तु हम जानते हैं कि ये बिलकुल बेकार की चीजें हैं।आप तो कह रहे थे कि इसमे...
- आपने इसमें क्या पाया?...? इस उपासना से इस अनुष्ठान से आपको क्या-क्या उपलब्धियाँ मिलीं? यदि आपने गहराई से विचार किया होगा व आत्...
- आपने उनके ऊपर शहद की मक्खियों के गुच्छे देखे हैं न?...? कब आते हैं? जब फूल खिलते हैं। फूल के तरीके से आप अपने जीवन को खिला सकते हों, अपनी पात्रता को दिखा सक...
- आपने उन्हें अन्तरंग में क्यों नहीं बैठाया?...? जिसने अन्तरंग में बैठा लिया, बेटे, मैं कहूँगी कि वह हमारा लड़का महान है, चाहे वह किसी भी स्थिति में क...
- आपने उपासना की है, कर्मकाण्ड किया है, तो इस कर्मकाण्ड के माध्यम से जो आपको अपने जीवन में हेर-फेर करने चाहिए, विचारों में परिवर्तन करने चाहिए, उस परिवर्तन के लिए आप विचारमग्न हों और विचार करें कि आखिर ये क्यों किया जाए?...? आप तो कर्मकाण्ड करते रहते हैं और ये विचार तक नहीं करते कि क्यों करते हैं? वेदान्त का, फिलॉसफी का पहल...
- आपने उपासना की है, कर्मकाण्ड किया है, तो इस कर्मकाण्ड के माध्यम से जो आपको अपने जीवन में हेर-फेर करने चाहिए, विचारों में परिवर्तन करने चाहिए, उस परिवर्तन के लिए आप विचारमग्न हों, और विचार करें कि आखिर ये क्यों किया जाए?...? आप तो कर्मकाण्ड करते रहते हैं और ये विचार तक नहीं करते कि क्यों करते रहते हैं? वेदान्त का, फिलॉसफी क...
- आपने उपासना की है, कर्मकाण्ड किया है, तो इस कर्मकाण्ड के माध्यम से जो आपको अपने जीवन में हेर-फेर करने चाहिए, विचारों में परिवर्तन करने चाहिए, उस परिवर्तन के लिए आप विचारमग्र हों, और विचार करें कि आखिर ये क्यों किया जाए?...? आप तो कर्मकाण्ड करते रहते हैं और ये विचार तक नहीं करते कि क्यों करते रहते हैं? वेदान्त का, फिलॉसफी क...
- आपने उस दिशा को स्वीकार किया है कि नहीं किया है?...? आपने अपने गुरु को जीभ से स्वीकार किया है या अन्तरंग से स्वीकार किया है? अन्तरंग से किया है तो आपके गुर...
- आपने उस पिसनहारी का नाम सुना है न?...? जिसने पिसाई में से दो पैसे रोज बचा कर के एक ऐसा पक्का कुआँ बनवा दिया था, जिसमें कि पानी अमृत के बराब...
- आपने ऋषिकेश का टिकट क्यों लिया?...? कलकत्ता (कोलकाता) जा रहे थे तो फिर आपने बंबई (मुंबई) का टिकट क्यों लिया? आपने गलती कर दी। अब आप स्टे...
- आपने एकादशी का उपवास किया, अच्छी बात है, लेकिन इससे आपने बचत क्या की?...? नहीं साहब! बचत तो नहीं की, वरन और ज्यादा खरच हो गया। क्यों? सेब मँगाए, केले मँगाए, रबड़ी मँगाई, तो र...
- आपने ऐसा क्यों किया?...? श्रीकृष्ण जब कभी मिलेंगे और हमारी बातचीत उनसे होगी, तो हम पहली शिकायत ये करेंगे कि आप तो लोगों के लि...
- आपने ऐसे क्यों कहा?...? उन्होंने कहा कि जो कुछ मैंने कहा, वह मेरे हृदय की सच्ची अनुभूति है। जैसे मैंने सुना, देखा, वैसा ही प...
- आपने कभी गाड़ी वाले लोहार देखे हैं?...? गाड़ी वाले लोहार अभी भी पत्तल में भोजन करते हैं, थाली में भोजन नहीं करते। अपने आपको राणा प्रताप का ...
- आपने कभी काली देखी है क्या?...? आपने कभी गायत्री माता देखी हैं क्या? नहीं साहब! सपने में देखी थीं और आपने जो फोटो छापकर भेजा था, तो ...
- आपने कभी किया क्या?...? किया नहीं है, तो आप गंगा जैसे निर्मल कैसे हो सकते हैं? कैसे पवित्र हो सकते हैं? यह पवित्रता का दिन ह...
- आपने कभी किया क्या?...? किया नहीं है, तो आप गंगा जैसे निर्मल कैसे हो सकते हैं? कैसे पवित्र हो सकते हैं? यह पवित्रता का दिन ह...
- आपने कभी जकड़े हुए पक्षियों को देखा है?...? सुग्गा पिंजड़े में कैद रहता है, मिठाई खाता है, चीजें खाता है, दूध पीता है, ब्रेड खाता है, लेकिन जरा ...
- आपने कभी दंगल देखे हैं?...? किसके? भैंसों के दंगल, मुर्गों के दंगल, तीतरों के दंगल। उसमें क्या होता है? बेटे, उसमें दो जानवरों क...
- आपने कभी दाद को खुजाया है क्या?...? दाद उस चीज का नाम है, जो जख्म जैसी खाज हो जाती है और उसे खुजाने में बड़ा मजा आता है। खुजाने क...
- आपने कभी दिया है?...? अभागो! निष्ठुरो! कंजूसो! स्वार्थियो! देना किसे कहते हैं, यह जाना है कभी? अरे कृपणो! देने से आदमी देव...
- आपने कभी दिया है?...? अभागो! स्वार्थियों! कंजूसों ! स्वार्थियों ! देना किसे कहते हैं, यह जाना है कभी? अरे कृपणों ! देने से...
- आपने कभी देखा या विचार किया?...? उसकी एक ही वजह है कि वे ज्ञानी, गुरु और पण्डित केवल दिमाग और जबान तक ही अध्यात्म को सीमित रखते हैं,...
- आपने कभी देखा है?...? नहीं देखा है तो, तो चलिए मैं आपको ब्याह-शादी के दिनों में दिखा दूँगा। दो समधी आपस में मिलते हैं और ल...
- आपने कभी मस्तिष्क को काम दिया था?...? नहीं, मस्तिष्क को तो कोई काम नहीं दिया। हाथों को काम दिया है। पैरों को काम दिया है। पैरों से हमने पद...
- आपने कभी वैद्यनाथ धाम जाने के बारे में सुना है?...? अपने यहाँ यू.पी. (उत्तरप्रदेश) में भी ऐसा रिवाज है कि शिवरात्रि के समय लोग गंगाजी से गंगाजल चढ़ाने के...
- आपने कभी सोचा है 24 लाख आँखें, 24 लाख हाथ तथा 24 लाख घण्टे कितने होते हैं?...? हमारी ताकत बड़ी महान है। 24 लाख घण्टे कितने होते हैं? इनसान आठ घण्टे काम करता है, परन्तु 24 लाख व्यक्...
- आपने कर्तव्य पूर कर दिया और क्या कर सकते थे आप?...? जो कर सकते थे, आपने पूरा कर लिया। आपको सफलता मिल गई। आप पूरे तरीके से सफल अनुभव कीजिये। अगर आप अपने ...
- आपने कर्तव्य पूरा कर दिया— और क्या कर सकते थे आप?...? जो कर सकते थे आपने पूरा कर लिया। आपको सफलता मिलेगी, आप पूरी तरीके से सफल अनुभव कीजिए, अगर आप अपने फर...
- आपने कल को देखा नहीं?...? आपने समय को देखा नहीं? केवल आप अपने बीबी, बच्चे को देखते रहे और उन्होंने अब क्या हाल कर दिया आपका? क...
- आपने कहा है या नहीं कहा है?...? हम आपसे पूछते भी रहे हैं। हम आपको आश्वासन दिलाते हैं कि जिस तरीके से एक वफादार गुरु, वफादार माता-पित...
- आपने कहीं दक्षिणावर्ती शंख तलाश कराया?...? बेटे! उससे क्या फायदा होता है? उससे लक्ष्मी आती है। ऐसा शंख जहाँ कहीं भी रहेगा गुरुजी! वहाँ लक्ष्मी ...
- आपने कितना पाठ किया लाला गुलाब चंद्र जी?...? हनुमान जी का ३२४ पाठ किया। अच्छा साहब! ३९९० रुपयों का थैला, उसके यहाँ भेज दीजिए। पाठ करने वालों के य...
- आपने कितना पढ़ा है?...? हमने दसवीं पास की है, तो हम कैसे लगा सकते हैं? बेटे! इसके लिए आई.सी.एस., पी.सी.एस पास करनी पड़ती है। ...
- आपने कितने लोगों का समय खराब किया, दिल दुखाया, कितने आदमियों को आर्थिक हानि पहुँचाई, कितने आदमियों का चाल-चलन खराब किया, इन सारी बातों को एक कागज पर नोट कर लीजिए और आप उसी के समान लाभ ब्याज समेत दे सकते हो, तो क्या कहना?...? आपने जो कर्जा लिया है, उसे ब्याज समेत चुकाइए। नुकसान पहुँचाया है, उसे ब्याज समेत चुकाइए और अगर ब्याज...
- आपने किताब देखी, पढ़ी पर उसमें क्या देखा?...? उसका दर्शन आपकी समझ में आया या नहीं। सही अर्थों में तभी आपने दृष्टि डाली, यह माना जाएगा।दृष्टिकोण वि...
- आपने किस राक्षस को ऐसा वरदान दे दिया, तो उन्होंने कहा—अब क्या करना चाहिए?...? उन्होंने विष्णु की आराधना की और विष्णु भगवान आए। उन्होंने कहा कि इसका हल अभी निकालता हूँ, आप क्यों प...
- आपने किस स्तर की उपासना की है?...? हमने दधीचि जैसे स्तर की उपासना की है। हमने कमाया तो था, लेकिन देवताओं से कहा—कुछ हमारे पास है। आप दु...
- आपने किसको क्या-क्या सक्रियता सौंपी है?...? बेटे, हमने उन आदमियों के लिए भी, जो घोर व्यस्त हैं, कार्य सौंपा है। जिसके पास योग्यता है, उनको भी ...
- आपने किसको क्या-क्या सक्रियता सौंपी है?...? बेटे, हमने उन आदमियों के लिए भी, जो घोर व्यस्त हैं, कार्य सौंपा है। जिनके पास योग्यता है, उनको भी का...
- आपने किसी का उत्साह बढ़ाया, हिम्मत बढ़ाई?...? किसी की प्रशंसा की? नहीं, आपने जीभ से प्रशंसा नहीं की, हर वक्त निंदा की, इसकी निंदा की, उसकी निंदा क...
- आपने किसी का उत्साह बढ़ाया, हिम्मत बढ़ाई?...? किसी की प्रशंसा की? नहीं, आपने जीभ से प्रशंसा नहीं की, हर वक्त निंदा की, इसकी निंदा की, उसकी निंदा क...
- आपने किसी के गुणों का वर्णन किया है?...? अपने पिताजी से कभी यह कहा कि पिताजी! आपने न जाने क्या-क्या कष्ट उठाकर हमको पढ़ाया होगा। जिन्दगी में आ...
- आपने किसी देवता की बुड्ढे की शक्ल देखी है?...? कोई बुड्ढा देवता देखा है? रामचन्द्र जी का बुढ़ापे वाला कोई फोटो खरीदकर तो लाना? नहीं साहब! उनके फोटो...
- आपने कुछ फायदा उठा लिया क्या?...? न, कभी नहीं फायदा उठाया होगा। आपने कितने सत्संग सुने होंगे, कितनी चीज बनी होगी। उन सत्संगों से कुछ ब...
- आपने कुटुँब का मजा कभी नहीं चखा है?...? आपने तो भटियारों का मजा चखा है। उनके पास मुसाफिर आते हैं। उन्हें वे रोटी बनाकर खिला देते हैं। खाट बि...
- आपने कोई अच्छे काम कर लिये तो बार-बार प्रशंसा करने की जरूरत क्या है, आपके साथ में किसी ने कोई बुराई कर ली या दुःख भुगत लिया तो बार-बार कहने की जरूरत क्या है?...? भूत सो भूत, गया सो गया। आप भूत पर मत विचार कीजिए। भूत से आप अनुभव तो इकट्ठा कर सकते हैं, लेकिन चिन्ता...
- आपने कोई अलग से किया होगा?...? नहीं बेटे! कोई अलग से नहीं किया। तो यह आपको कैसे फल दे रहा है? बेटे! यह जो फल दे रहा है, उसकी बात सम...
- आपने कोई किताब न पढ़ी हो जीवन में, तो हमारा जीवन पढ़ लीजिए और हमारे जीवन से आप देख लीजिए, कि अध्यात्म सार्थक कैसे हो सकता है?...? इसकी हीरक जयंती सब लोगों ने मिलकर मनायी है तो कोई नाराजगी नहीं हुई। प्रसन्नता ही हुई है। ‘अखण्ड ज्यो...
- आपने कौन सा काम किया और कौन सा मंत्र सीखा?...? बेटे, हमने कई आदमियों से मंत्र सीखे हैं। उनमें से एक तो हमारे गुरु थे—बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय क...
- आपने कौन सा मंत्र जप किया?...? बेटे! हमने वही मंत्र जप किया, जो हम आपको बताते हैं—गायत्री मंत्र, और हमने कोई जप नहीं किया। नहीं साह...
- आपने क्या कभी अपने मस्तिष्क को काम दिया था?...? नहीं। तो क्यों नहीं दिया? आपको अपने मस्तिष्क को काम देना पड़ेगा। काम देने का नाम है—ध्यान। ध्यान उस च...
- आपने क्या दिया बताइए?...? बस यही एक सवाल है। अगर आप यह कहते हैं कि हम भगवान् की भक्ति से कोई ताल्लुक रखते हैं, तो आप यह जवाब द...
- आपने क्या दिया, बताइए?...? बस, यही एक सवाल है। अगर आप यह कहते हैं कि हम भगवान की भक्ति से कोई ताल्लुक रखते हैं, तो आप यह जवाब द...
- आपने क्या देखा है?...? हमने बादल बरसते देखे हैं। बादल जब बरसते हैं तो पानी गिरता है और उससे अनाज पैदा होता है। आपकी बात...
- आपने क्या फैसला किया है?...? यही फैसला किया है कि अब हम भौतिकवादी जिन्दगी नहीं जियेंगे। अब आपने सिपाही की पोशाक पहन ली है, त्या...
- आपने क्यों काम कराया?...? लाल-लाल आँखें लेकर आ जाता है और लड़ने के लिए उतारू हो जाता है और आप भी चाहें तो भगवान से लड़ने के लि...
- आपने क्यों छापी है?...? हमने आपके मानसिक ब्रह्मचर्य के लिए छापी है। इसलिए एक छापी है कि जवान महिला को आप माँ कहिए। जवान महिल...
- आपने क्यों दिया?...? हमको गालियाँ पड़ीं और आपका घी चला गया।क्यों रे अभागे! घी लेने ऐसे ही चला गया था? हाँ साहब! ऐसे ही चल...
- आपने क्रिया-कृत्यों की महत्ता क्यों नहीं बताई?...? हम यही पूछने आये थे और विधि-विधान पूछने आये थे। बेटे, एक ही विधि है, एक ही विधान है और वह है कि अप...
- आपने गलत चैक कैसे दे दिया?...? गलत चैक कैसे दे दिया। मित्रो! जमा करना बहुत जरूरी है। कर्मकाण्ड चैक काटने के बराबर है। कर्मकाण्ड फाउ...
- आपने गलती की है, तो उस देवी से क्षमा माँगिए कि हमने जिन्दगी में क्या भूल की है?...? अब आइन्दा भूल नहीं होगी। आप मन-ही-मन माँगिए, उससे नहीं माँगना है। फिर देखिए आपकी पत्नी आपके पीछे चलत...
- आपने गाँधीजी का नाम सुना है?...? बुद्ध का नाम सुना है न? विवेकानन्द को जानते हैं न? महापुरुषों में से इन लोगों के नाम नहीं मालूम आपको...
- आपने गायत्री माता की तस्वीर देखी थी, वह कैसी थी?...? बिछुआ कौन से पैर में था? कान में जेवर किस तरह का था? उनकी साड़ी कैसी थी? बॉर्डर कैसा था? बताना तो सही...
- आपने गुरुजी के विराट रूप को क्यों नहीं देखा?...? केवल शक्ल तक ही आप सीमित कैसे रह गए? क्यों नहीं पहचाना विराट स्वरूप को? आपने उन्हें अन्तरंग में क्यों...
- आपने चारों वेदों के भाष्य किए हैं?...? हाँ किए हैं। अठारह पुराणों के? हाँ किए हैं। उपनिषदों के, दर्शनों के? हाँ किए हैं। २५०० किताबें भी लि...
- आपने चारों वेदों के भाष्य किए हैं?...? हों किए हैं। अठारह पुराणों के? हों किए हैं। उपनिषदों के, दर्शनों के? हाँ किए हैं। अपने वजन से अधिक क...
- आपने चाहा और हमने खरच कर लिया, फिर हमारे हिस्से में क्या आया?...? हमारे हिस्से में क्या आया, बेटे! आप देख सकते हैं हमारे बारे में कि हमको क्या मिला है। कुछ मिला है क्...
- आपने छोटी बच्ची क्यों छाप दी?...? नहीं बेटे, हम छोटी बच्ची नहीं छापना चाहते। तो महाराज जी! आपने बुड्ढी गायत्री माता क्यों नहीं छाप ...
- आपने जप****जप****जप****एक ही बात सीख ली है, दूसरी बात सीखी ही नहीं, सबसे सुगम वाला, बैठे-बैठे लकड़ी के दाने हिलाने वाला, सिर हिलाने वाला, जीभ की नोंक हिलाने वाला—आपने इतनी सस्ती उपासना समझ ली?...? इतनी सस्ती उपासना होती है कहीं! इसमें क्या नहीं करना पड़ता है? कष्ट न उठाना पड़ता हो, पुरुषार्थ न करना...
- आपने जब भोजन नहीं किया तो फिर हम कैसे कर लेते?...? मित्रो ! उस करुणा की देवी, वात्सल्य की देवी की आवाज उसकी आत्मा में पहुँची, वह द्रवित हो गया। उसे आत्...
- आपने जब रावण को मारा था, तब आपने एक ही तीर चलाया था न?...? हाँ, हमने तो एक ही तीर चलाया था। तो रावण के शरीर में एक ही निशान होना चाहिए, एक ही घाव होना चाहिए,...
- आपने जिस कुटुँब के लिए ईमानदारी, बेईमानी करके उसे इतना बड़ा किया है, जिसके लिए आपने उचित तथा अनुचित ढंग से विकास करने का प्रयास किया है, देखना आपके कमजोर होने पर वे क्या करते हैं?...? आपने कल को देखा नहीं? आपने समय को देखा नहीं? केवल आप अपने बीबी, बच्चे को देखते रहे और उन्होंने अब क्...
- आपने जेलखाना नहीं देखा है?...? आपने भटियारों का सराय नहीं देखा है? आपने कुटुँब का मजा कभी नहीं चखा है? आपने तो भटियारों का मजा चखा ...
- आपने जो लाखों की संख्या में फोटो छापे हैं, वे सब कितनी उम्र की हैं?...? बेटे, यही कोई बीस एक साल की है। जवान महिला की फोटो है। आपने क्यों छापी है? हमने आपके मानसिक ब्रह्मचर...
- आपने जो समाज से ॠण लिया है, उसको चुकाएँगे कैसे?...? आप लोगों को ऊँचा उठाने के लिए करेंगे क्या? ये भी तो एक काम है आपके जिम्मे।
ये भी साधना का एक अंग ह...
- आपने जो स्वभाव सीखा है, यह घिनौने जीवन के अलावा क्या सिखा सकता है?...? आप चारों तरफ से नर-पशुओं से घिरे हैं। आप थोड़े दिनों के लिए इस दायरे से बाहर हो जाइए और बाहर होकर के ...
- आपने जो स्वभाव सीखा है, वह सिवाय घिनौने जीवन के और क्या दे सकता है?...? पशुओं की जिन्दगी हम जी रहे हैं और चारों तरफ पशुओं से घिरे हुए हैं। आप थोड़े दिनों के लिए इस दायरे से ब...
- आपने डुबकी नहीं मारी?...? नहीं साहब! हम डुबकी क्यों मारते? फिर तो आपको मोती नहीं मिल सकता।
अध्यात्म की गहराई में उतरें
...
- आपने ढूँढ़ा है हमें?...? नहीं बेटे, आमने आपको ढूँढ़ा है। हमने अखण्ड ज्योति आपके पास भेजी थी है आपने मँगायी थी? नहीं, हमने भेज...
- आपने ढूँढ़ा है हमें?...? नहीं बेटे, हमने आपको ढूँढ़ा है। हमने अच्छे-अच्छे रत्नों को ढूँढ़ा है। हमने अखण्ड-ज्योति आपके पास भेज...
- आपने तपस्वी देखे हैं न?...? हाँ, तपस्वी देखे हैं। चारों ओर आग जला लेते हैं और बीच में बैठे रहते हैं। पानी में खड़े रहते हैं। तपस...
- आपने तो आधे पत्र लिखे थे, फिर ये पूरे पत्र कैसे लिख गये?...? ’’
गुरुजी ने मुस्कुराते हुए कहा-‘‘बेटा! एक अकेले शरीर से इतना बड़ा काम कैसे हो पायेगा? मेरे पाँच शर...
- आपने तो एक ही तरीका सीखा है न?...? कौन-सा बस वो एक तो ॐ लोमड़िआय नमः। लोमड़ी ले जाइए और घर पर बैठ जाइए। चन्दन चढ़ाइए, अक्षत चढ़ाइए, रोली चढ़ा...
- आपने तो बताया था कि हम मूर्ति बनाएँगे तो क्या बन गई आपकी मूर्ति?...? कहाँ बनी गुरुजी! छेनी टूट गई, हथौड़ी टूट गई और देखिए हमारी अंगुली में चोट भी लग गई। बेटे, मूर्ति कहा...
- आपने तो बताया था कि हम मूर्ति बनाएँगे तो बया बन गई आपकी मूर्ति?...? कहाँ बनी गुरुजी! छेनी टूट गई, हथौड़ी टूट गई और देखिए हमारी उँगली में चोट भी लग गई। बेटे, मूर्ति कहाँ...
- आपने तो यही किस्से देखे हैं, वे किस्से नहीं देखे हैं कि मिल-जुलकर कैसे रहते हैं?...? एक होकर कैसे रहते हैं?चार बातें हो गईं बेटा, अच्छा ध्यान रखना। हमने एक बात तो यह कही है कि आप रीछ-वा...
- आपने तो सारी मर्यादाएँ तोड़ डाली, नीतियाँ तोड़ डालीं, अब क्या देवता को भी अपने जैसा बनाएँगे?...? आप देवता जैसे नहीं बन सकते, तो कम से कम इतनी कृपा कीजिए कि देवता को अपने जैसा मत बनाइए। देवता को अपन...
- आपने दधीचि का नाम सुना है?...? मामूली सन्त बाबाजी थे; लेकिन जब उन्होंने अपनी तपश्चर्या से स्वयं को तपा लिया, तो उनकी हड्डियाँ इतनी म...
- आपने दमयन्ती का नाम सुना है?...? राजा नल की पत्नी का नाम दमयन्ती था। जंगल में अकेली रह रही थी और बहेलिया उससे छेड़खानी करने लगा। बस, ...
- आपने दूसरे आदमियों को खरीद रखा है?...? ऐसा मत कीजिए। यह गलतफहमी है। अपने व्यक्तित्व को विकसित करके सारे विश्वमानव के सामने उदाहरण प्रस्तुत ...
- आपने देखा नहीं कि राजमहलों का क्या हुआ?...? आप श्रम का सम्मान करेंगे, तो आपका विकास होगा। आज सम्मान उन्हें मिल रहा है, जो हाथ से काम नहीं करते ह...
- आपने देखा नहीं है?...? मालूम नहीं किया है? अनदेखी चीज को देख लें। सोई हुई चीज को जगाइए। अपने गए-बीते स्तर को परिष्कृत कीजिए...
- आपने देखा नहीं, किस तरीके से परिवर्तन विश्व की समस्याओं में बदलते हुए जा रहे हैं?...? विज्ञान की प्रगति को आप देख नहीं रहे क्या? ऐसी-ऐसी चीजें बनती हुई चली जा रही हैं। एक किरण-एक्स रे के...
- आपने देखा नहीं?...? वानरों ने, रीछों ने ये कहा, अगर मनुष्य दैवीय सभ्यता को जीवन में ढाल सकते हैं, तो हमको भी ऐसा जीवन ढा...
- आपने देखा नहीं?...? वानरों ने, रीछों ने ये कहा, अगर मनुष्य दैवीय सभ्यता 'को जीवन में ढाल सकते हैं, तो हमको भी ऐसा जीवन ढ...
- आपने देखा नहीं?...? उसके साथ ढेरों के ढेरों आदमी जुड़े थे। उनके परिव्राजक नालन्दा और तक्षशिला के विश्वविद्यालय में शिक्षण...
- आपने देखा भी है कि हमारे छोटे-छोटे, जरा-जरा से बच्चे, नाचीज बच्चे जब बाहर जाते हैं, तो जो सत्कार होता है, वो किसका होता है?...? आपका। आपका नहीं होता, यह मानकर चलना जिसके अन्दर यह अहंकार विद्यमान हो कि यह हमारा पुरुषार्थ है। यह हम...
- आपने देखा है कि नहीं?...? मिट्टियों से धातुएँ जब निकलती हैं, तो कच्ची निकलती हैं। लोहा जब निकलता है, तो जमीन में से खोदने के ब...
- आपने देखा है न कि आप प्यार किस चीज को करते हैं?...? जो अपना है, जिसको आप अपना समझते हैं, उसी से तो प्यार करते हैं। जैसे आपकी साइकिल है, उसी भर से आप प्य...
- आपने देखा है?...? नहीं साहब! हमने तो नहीं देखा। अच्छा तो कृष्ण भगवान् का देखा होगा? कृष्ण भगवान् की जब मृत्यु हुई थी त...
- आपने देखा है?...? नहीं साहब! हमने तो नहीं देखा। अच्छा तो कृष्ण भगवान का देखा होगा? कृष्ण भगवान को जब मृत्यु हुई थी, तब...
- आपने देखा है?...? स्कूलों द्वारा विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति दी जाती है। अरे साहब! हमें भी दीजिए। क्यों आपको देंगे? आ...
- आपने देखा होगा कि प्रेरणा देने वाली रामायण को कौन पढ़ता है?...? हम उसे कहीं फेंक देते हैं, किन्तु जो भावनापूर्वक पढ़ते हैं, वे जानते हैं कि रामायण के निर्माण में श्...
- आपने देखा होगा कि बादल समुद्र से लेते हैं और वर्षा कर जाते हैं, पर क्या वे खाली रह जाते हैं?...? नहीं, समुद्र उन्हें दोबारा देता है। शरीर का चक्र भी इसी तरह का है। हाथ कमाता है और मुँह को दे देता ह...
- आपने देखा होगा कि बादल समुद्र से लेते हैं और वर्षा कर जाते हैं, पर क्या वे खाली हाथ रह जाते हैं?...? नहीं, समुद्र उन्हें दुबारा देता है। शरीर का चक्र भी इसी तरह का है। हाथ कमाता है और मुँह को दे देता ह...
- आपने देखा होगा कि मरते समय आदमी में क्या परिवर्तन होता है?...? मरते समय में आँखें भी काम करती हैं, हाथ-पैर भी काम करते हैं, पर वाणी का चलना बन्द हो जाता है। क्यों स...
- आपने देखा होगा कि हवा बन्द हो, तब भी सुबह के समय पर हवा चलना शुरू कर देती है और कौन चलता है?...? बेटे, सुबह हर प्राणी चलते हैं। सबेरे पशु जाग जाते हैं और चल देते हैं। मनुष्य चल देते हैं, जानवर चल द...
- आपने देखा, सुना?...? आपकी इतनी उमर हो गई? जिस भाव से आपको आज गेहूँ मिलता है, चावल, घी मिलता है, क्या आपने इससे पहले कभी स...
- आपने देखा, सुना?...? बीमारी कभी कबूतर के पास नहीं जाती, बन्दर के पास नहीं जाती सिर्फ आपके पास आती है। क्यों? क्योंकि आप ब...
- आपने देखी हैं?...? बड़ी-बड़ी नहरें निकलती रहीं; लेकिन आपने देखा उसमें? कोई कमी नहीं पड़ी। बिहार में आप जाइए, सोनपुर में आप...
- आपने देखे हैं कि नहीं देखे?...? पत्तों को कोई बुलाता है क्या? वे अन्धाधुन्ध भागते हुए चले आते हैं। अरे बाबा! तुम कहाँ जा रहे हो? हम त...
- आपने देखे हैं कि भूत कैसे होते हैं?...? हाँ, हमने देखे हैं और आपको भी दिखा सकते हैं। चलते-फिरते प्रेत-पिशाच ये भूत आपको कहाँ मिलेंगे? मित्रो...
- आपने देखे हैं हरिश्चन्द्र से लेकर के जितने भी आदमी भगवान की भक्ति में आए, कोई मालदार बना है क्या?...? मनोकामना पूरी कराई—ऐसा लगा है क्या? आप उलटी-उलटी बातें मत विचार कीजिये, आप उल्टे को उलट दीजिये और सी...
- आपने देखे हैं?...? हमने तो नहीं देखे। और आपने देखे हैं? हाँ महाराज जी ! सपने में देखे हैं। सपने की कोई कीमत नहीं होती, ...
- आपने देखे होंगे?...? विदेशों में भी घुमक्कड़ लोग जाते हैं। कोई नैनीताल जाता है, कोई कहीं जाता है, कोई दार्जीलिंग जाता है,...
- आपने देवी देखी है क्या?...? अगर देखी हो तो मुझे भी बता देना। मैंने तो देखी नहीं ऐसी देवी जो मुण्डन कराती हो और बाल खाती हो। मैंन...
- आपने देहरादून के विद्यालय में इन लावारिस बच्चों को, इन अनाथ बच्चों को क्यों भरती करा दिया?...? आपने उसे अनाथ बना दिया। नहीं साहब! हमने तो उसे मिलिट्री स्कूल में भरती करा दिया। हमारा बच्चा साहब बन...
- आपने दो क्यों कहा और एक क्यों नहीं कहा?...? बेटे! मैंने इसलिए कहा कि अपरिग्रह का चिह्न यह नहीं है कि हम पैदावार न करें। पैदावार न करना, काहिल की...
- आपने दो क्यों कहा और एक क्यों नहीं कहा?...? बेटे! मैंने इसलिए कहा कि अपरिग्रह का चिह्न यह नहीं है कि हम पैदावार न करें पैदावार न करना, काहिल की ...
- आपने नहीं देखा है तो क्यों मानेंगे?...?...
- आपने नहीं देखा है, तो क्यों मानेंगे?...?...
- आपने नहीं पढ़ते अखबार?...? क्या से क्या हो रहा है? डकैतियाँ आप नहीं पढ़ते? बलात्कार आप नहीं पढ़ते? हत्याएँ आप नहीं पढ़ते? और इन्सा...
- आपने नेति, धौति, वस्ति, बज्रोली के रूप में यह जो क्रियाकलाप किया था और उससे केवल शरीर का ही संशोधन कर लिया, तो बात कैसे बनेगी?...? कल फिर से कफ इकट्ठा हो जाएगा। कल फिर मल इकट्ठा हो जाएगा। परसों फिर मल इकट्ठा हो जाएगा। नाक में फिर स...
- आपने परशुराम जी की बावत सुना है?...? उनके पास एक ऐसा कुल्हाड़ा था...... कुल्हाड़े को लेकर उन्होंने इक्कीस बार अन्यायी लोगों का सिर काट डाला...
- आपने प्रेमपत्र लिखे थे कि नहीं?...? क्या लिखा था? तुम हमारे, हम तुम्हारे। यही सब लिखा था ना? हाँ, साहब! लिखा था। आपने इसको बहकाय...
- आपने फाँसी की सजा दी, तो गाली क्यों नहीं दी?...? गाली भी देते तो अच्छा होता, क्योंकि उसने चोरी की और हत्या की। इसलिए कहते कि वह चोर है, हत्यारा है। न...
- आपने फूलों को देखा है न?...? फूल जब भगवान के चरणों पर चढ़ता है, तो डाली से टूटता है और जब कोई तोड़ता है, मना नहीं करता। अच्छे कार...
- आपने बच्चे को खिलाया, बच्चे को प्यार दिया है?...? प्यार दिये बिना ही आपके बच्चे बड़े हो गये। वे आपको गाली देते हैं और पैसे चुरा लेते हैं। अब आप क्या कर...
- आपने बनाया कब था भगवान को?...? निश्चित कब किया था भगवान को? भगवान् का स्वरूप था कब आपके जीवन में? भगवान् का प्रेम था कहाँ आपके पास?...
- आपने बहुत सेवा की है, वह भी सेवा करेगा?...? डरावनी अकेली होगी जिन्दगी
मित्रो! संस्कृति की सीता चली गई तो यही हो जाएगा। और क्या हो जाएगा?...
- आपने बहुत सेवा की है, वह भी सेवा करेगा?...? डरावनी अकेली होगी जिन्दगी मित्रो! संस्कृति की सीता चली गई तो यही हो जाएगा। और क्या हो जाएगा? संस्कृति...
- आपने बाहर को समझा है, चीजों को समझा है, खेती-बाड़ी को समझा है, पैसे को समझा है, दुकान को समझा है, मुहल्ले वाले को समझा है, सन्तान को समझा है, तो आपने जीवन को क्यों नहीं समझा?...? अपने आपको को क्यों नहीं समझा? अगर आप जीवन को और अपने आपको समझ सकते हों, तो इसका नाम ‘ज्ञान योग’ होगा...
- आपने बाहर को समझा है, चीजों को समझा है, खेती-बाड़ी को समझा है, पैसे को समझा है, दुकान को समझा है, मुहल्ले वालों को समझा है, सन्तान को समझा है, फिर अपने आपको क्यों नहीं समझा?...? अगर आप जीवन को और अपने आपको समझ सकते हों, तो इसका नाम ‘ज्ञान योग’ होगा। अगर आपने अपने फर्ज और कर्तव्...
- आपने बीबी को कितने में मोल लिया है?...? नहीं साहब, हमने खरीदा नहीं है तो उसे क्या फोकट में पाया? हाँ, साहब यही ‘अनुदान’ कहलाता है। आपने फोकट...
- आपने बीबी को ही क्यों मना कर दिया?...? उसको क्यों नहीं आगे बढ़ाया? क्या यही दृष्टिकोण है, आपके दाम्पत्य जीवन का? क्या यही आपकी दृष्टि है कु...
- आपने बेटे को खैरात में बाँट दिया, ऐय्याशी में उड़ा दिया, जेवर बनवाने में खर्च कर दिया तो हम आपको अध्यात्मिक कैसे कहें?...? खर्च के बारे में भगवान का बड़ा सख्त नियंत्रण है।आदमी को हम अध्यात्म का अंकुश लगाते हुए ईश्वरचन्द्र वि...
- आपने भक्ति के चमत्कार देखे हैं?...? न तो आपने देखे हैं और न आपने सुने हैं। आपने तो सिर्फ कहानियाँ सुनी हैं। भक्ति के चमत्कार और भक्ति के...
- आपने भगवान बुद्ध की ज्ञानमुद्रा देखी है न?...? ध्यानमुद्रा का मतलब यही है कि उन्होंने अपनी आँखें बन्द कर ली। आँखें बन्द करके स्वयं अपने भीतर देखा और ...
- आपने भगवान को देखा है?...? हाँ साहब! हमने देखा है। अच्छा तो आप फिर हमको दिखाइए। बस, पहले तो बाबाजी शेखी मारते रहे, लेकिन जब उसन...
- आपने भगवान को देखा है?...? हाँ साहब! हमने देखा है। अच्छा तो आप फिर हमको दिखाइए। बस, पहले तो बाबाजी शेखी मारते रहे, लेकिन जब उसन...
- आपने भटियारों का सराय नहीं देखा है?...? आपने कुटुँब का मजा कभी नहीं चखा है? आपने तो भटियारों का मजा चखा है। उनके पास मुसाफिर आते हैं। उन्हें...
- आपने भागीदारी की दीक्षा ली है कि नहीं ली है?...? अगर आपने भागीदारी की दीक्षा ली है, तो हम भी तो भागीदार हैं उसमें। जो भी आपकी कष्ट-कठिनाइयाँ हैं या आ...
- आपने भी तो कुछ कहा होगा?...? आपने भी तो वरदान माँगा होगा? बेटे! हम क्या वरदान माँगते? जब हम भगवान के ही हो गए तो हमारे माँगने का ...
- आपने भी तो वरदान माँगा होगा?...? बेटे! हम क्या वरदान माँगते? जब हम भगवान के ही हो गए तो हमारे माँगने का सवाल ही कहाँ रहा? इसलिए हमने ...
- आपने भी यही किया था?...? अपना किस्सा सुनाइए! हमारी ब्याह-शादी हो रही थी। पण्डित जी ने कहा—"लड़के-लड़की सावधान!" हमने समझा कि द...
- आपने मँगायी थी?...? नहीं, हमने भेजी थी। बेटे, जिस तरह राम-लक्ष्मण को लेने विश्वामित्र दशरथ के पास गये थे, वैसे ही हमने...
- आपने मजदूरी करने के लिए प्रतिज्ञा की है, पूरी मजदूरी क्यों नहीं करें?...? पूरी मजदूरी का अर्थ है—पसीने की कमाई खानी चाहिए और हराम का पैसा नहीं ही खाना चाहिए। आज कल जुआ खेलने ...
- आपने मशीन तो बना दी, परन्तु कारीगर न हो, तो मशीन चलेगी कैसे?...? हमारे मिशन के साथ जनशक्ति की भी आवश्यकता है। इतने बड़े समाज की माँग केवल शान्तिकुञ्ज से कहाँ पूरी...
- आपने माँ का प्यार नहीं पिया क्या?...? नहीं साहब! हमारी माँ नहीं है, परन्तु एक आदमी कह रहा था कि आपकी माँ जिन्दा है। मित्रो ! वह आपकी माँ नही...
- आपने माँ के लिए खरच किया कि नहीं किया?...? बच्चों के लिए खरच किया कि नहीं किया?
यह आध्यात्मिकता का सिद्धान्त है कि आप कमायें, तो कमाने पर को...
- आपने मुँह क्यों नहीं खोला है अपने अन्दर विशेषता पैदा क्यों नहीं की?...? जिससे हमारी स्वाति की बूँदें तुम्हारे अन्दर प्रवेश करने के बाद में मोती बना देने में समर्थ होतीं। तुम...
- आपने मुँह क्यों नहीं खोला?...? अपने अन्दर विशेषता पैदा क्यों नहीं की? जिससे हमारी स्वाति की बूँदें तुम्हारे अन्दर प्रवेश करने के बाद ...
- आपने मुझे शरण दी, भोजन दिया, शान्ति दी और पवित्रता भी दी, अब आपके प्रति कृतज्ञता के लिये क्या कहूँ?...? मैं कैसे कहूँ कि यह उपकार पापी इब्राहीम के लिए किया है, जो आपके बड़े पुत्र का हत्यारा है। हमारे कबीलो...
- आपने मौत का कुआँ कभी देखा है?...? मौत के कुएँ में मोटरसाइकिल वाले मोटरसाइकिल किस तरीके से घुमाते हैं? बिल्कुल उल्टे हो जाते हैं और बीच...
- आपने मौत को इस तरीके से भुला दिया है कि क्या कहूँ आपसे?...? मौत तो आपको डरावनी लगती है, क्योंकि मौत से आपकी जान-पहचान नहीं है। छोटे बच्चे जब नए वाले कपड़े क...
- आपने यह कैसी आफत बुला ली?...? आपने बेकार की भीड़ इकट्ठी कर ली, जिसे देखकर मुझे दुःख होता है। मैंने शिविरों का आयोजन इसलिए किया था क...
- आपने यह क्या आशीर्वाद दिया, एक हजार से क्या बनेगा?...? इससे तो आप आशीर्वाद मत दीजिए। एक हजार रुपये का देना है तो दस हजार का दीजिए।मित्रो! जिस दिन हम दस हजा...
- आपने यह क्या कह दिया?...? हम तो यह अनुदान लेने आए थे कि गुरुजी के पास जो शक्ति होगी, वह हमको मिलेगी तो अभी आपको यह भान नहीं हु...
- आपने यह क्या किया?...? बेटे, मैंने नाम बदल दिया। क्या नाम रखा? ‘ब्राह्मण’ शब्द मैंने काट दिया और नाम रखा—‘‘गायत्री ही कामधे...
- आपने यह क्यों दे दिया?...? बेटे! यह बच्चों का खिलौना है। तू भी तो खिलौना ही माँग रहा था, सो मैंने तेरे हाथ में खिलौना थमा दिया।...
- आपने यह जाल-जंजाल काहे को लदवा दिए हैं?...? ये हमको चलने नहीं देते। बेटे! इसको भी गिरा दे। चौथा पत्थर भी गिरा दिया। चारों पत्थर गिराने के बाद मे...
- आपने यह बात पहले क्यों नहीं कही?...? इसलिए नहीं कही कि पुत्रेष्टि यज्ञ में जो मंत्र काम आते हैं, उन मंत्रों को हम सार्थक नहीं कर सकते। क्...
- आपने यहाँ क्या दिया?...? मालूम नहीं। वैसे तो ये भी थी, पुराने जमाने की मान्यता, जब लोग धार्मिक अनुष्ठान करते थे, कल्प-साधना क...
- आपने ये क्यों किया?...? रामचन्द्रजी कभी हमको मिलेंगे, तो हम उनसे ये कहे बिना नहीं मानेंगे, कि आपको धोबी को दण्ड देना चाहिए थ...
- आपने ये गलती क्यों की?...? रामचन्द्रजी मिलेंगे, तो हम बता देंगे। शिकायत करेंगे जरूर, कभी मिले हमको तो। आपने ये क्यों किया? रामच...
- आपने योग करना कहाँ बताया?...? आप यकीन रखना, मैंने सचमुच योग बताया है। झूठ वाले योग बताने वालों में से मैं नहीं हूँ, ताकि मैं आपको ...
- आपने योग करना कहाँ बताया?...? आप यकीन रखना, मैंने सचमुच योग बताया है। झूठ वाले योग बताने वालों में से मैं नहीं हूँ, ताकि मैं आपको ...
- आपने राम का नाम नहीं लिया तो क्या हुआ?...? खुदा का नाम नहीं लिया तो क्या? भजन नहीं किया तो क्या? लेकिन दुनिया को अच्छा बनाने के लिए, दूसरों के ...
- आपने राम पंचायतन के चित्र देखें हैं न?...? उसमें पाँच तो वो हैं कौन? चार भाई हैं और सीताजी हैं। पाँच नाम से पंचायतन हो जाता है; लेकिन आपने उस ह...
- आपने रामायण में पढ़ा है, उसकी अधिक व्याख्या में क्यों करूँ?...? उन्होंने लंका दहन किया, सुरसा के मुँह में से निकले, समुद्र भी लाँघा, इतने शक्तिशाली हो गए। लेकिन हम ...
- आपने रामायण में पढ़ा है, उसकी अधिक व्याख्या मैं क्यों करूँ?...? उन्होंने लंका दहन किया, सुरसा के मुँह में से निकले, समुद्र भी लाँघा, इतने शक्तिशाली हो गए। लेकिन हम ...
- आपने विचार किया क्या?...? आखिर ये खाली हाथ कैसे रह गए? खाली हाथ इसलिए रह गए कि उन्होंने केवल अपने स्वार्थ के लिए माँगा था, अपन...
- आपने वो प्यार क्यों नहीं दिया?...? प्यार में मिलावट
आपने तो उस प्यार को भी बन्द करके रख लिया। मैं तो यह भी कहती हूँ कि हर चीज में मिल...
- आपने शान्तिकुञ्ज देखा है?...? ब्रह्मवर्चस देखा है? चौबीस सौ शक्तिपीठें देखी हैं। करोड़ों रुपये की बिल्डिंगें हैं यह। इनसे आपको अन्द...
- आपने शिकायत की कि नहीं की?...? अच्छा तो ऐसा किया कर कि चौबीस हजार गायत्री मंत्र भी लिख दिया कर और उसके पीछे चौबीस गालियाँ भी लिख ...
- आपने शृंगी ऋषि का नाम सुना है?...? शृंगी ऋषि उन महात्मा का नाम है, जिनके आशीर्वाद से, राजा सन्तानहीन थे और उन्होंने वेदमंत्र पढ़े और यज्ञ...
- आपने संगठन के लिये अखबार में लेख छापा, बस संगठन बन गया?...? नहीं ऐसा नहीं है। इसके लिये हमको बहुत गहरी डुबकी लगानी पड़ी हैं और आप हीरे और मोतियों को बड़ी मुश्कि...
- आपने समय को देखा नहीं?...? केवल आप अपने बीबी, बच्चे को देखते रहे और उन्होंने अब क्या हाल कर दिया आपका? कुसंस्कारी जो बनाया है आ...
- आपने समर्पण किया है?...? नहीं, आपने समर्पण नहीं किया। माताजी, कैसे नहीं किया? किया तो है हमने। हम अंशदान देते हैं। दिया है कि...
- आपने सोचने का ढंग क्या बना रखा है?...? आपके विचार करने की शैली क्या है, बताइए। नहीं साहब! इससे आपको क्या मतलब है? बेटे! हमको इसी से मतलब है...
- आपने स्वर्ग देखा है?...? हमें नहीं मालूम है। पुराणों में जो किस्से- कहानियाँ सुने हैं, उससे हमको घृणा हो गयी है। मुसलमानो...
- आपने हनुमान जी को गन्दगी करते देखा है क्या?...? नहीं, वे गन्दगी नहीं करते। आप रामचंद्र जी को खिला दीजिए, लक्ष्मण जी को खिला दीजिए। लक्ष्मी जी को खिला...
- आपने हमको क्यों नहीं बुलाया?...? इतने आपके चौबीस लाख बेटे हैं।
हाँ बेटे! वह भी हमारे ही हैं, पर जितना आपके लिए हमारी भावना है, स्नेह...
- आपने हलवाई की दुकान देखी है?...? हलवाई की दुकान में कितनी सारी मिठाइयाँ और कितने सारे पकवान रखे रहते हैं? ढेरों रखे रहते हैं। उनमें...
- आपने हवन किया था?...? हाँ साहब! हवन किया था। हमने कहा—यज्ञ भगवान! बताइए, आपने क्या-क्या जमा कर रखा है? सुबह हमने एक किलो घ...
- आपने हवन किया था?...? हाँ साहब! हवन किया था। हमने कहा-यज्ञ भगवान! बताइए आपने क्या-क्या जमा कर रखा है? सुबह हमने एक किलो घी...
- आपमें क्या कमी है?...? मेरी निगाह से पूछिए आप प्रत्येक में इतनी शक्ति भरी पड़ी है कि मैं आपसे क्या कहूँ?...
- आपमें व्यास जी से ज्यादा ताकत है?...? हाँ बेटे, ज्यादा ताकत है। हमने स्वयं मेहनत की है। यह कैसे कर ली? कैसे भी नहीं कर ली। एकाग्रता और ए...
- आपमें से इन मुसीबतों से कोई बचा हुआ है क्या?...? कोई एक भी आदमी बताए मुझे। कहा गया है—"रे रे मनुष्यः वदति अतिसुखम्.........!" अर्थात—अरे मनुष्यो ! कि...
- आपमें से किसी के पास मुसीबतें आईं?...? हाँ, महाराज जी! हमारे व्यापार में बहुत घाटा हो गया। आपमें से इन मुसीबतों से कोई बचा हुआ है क्या? कोई...
- आपमें से कोई वकील है, कोई डॉक्टर है, कोई इंजीनियर है, कोई प्रोफेसर है, न जाने किससे काम पड़ जाए?...? सब कबाड़खाना आप वहाँ जमा कर लेना और भगवान एक है। भगवान एक कैसे हो सकता है? भगवान तो बहुत सारे हैं। बह...
- आपमें से हर आदमी महात्मा गाँधी होता, महात्मा बुद्ध होता, कबीर होता, दादू होता, नानक होता, जवाहर लाल होता, दयानंद होता, शंकराचार्य होता और न जाने कौन-कौन होता?...? आपको खाना भी मिल जाता, कपड़ा भी मिल जाता, रोटियाँ भी जरूर मिल जाती; लेकिन इतना पाने के बाद, इतना करन...
- आपरेशन कराने क्यों नहीं आते?...? अरे साहब! हम क्यों आपरेशन करायें? जब हम बीमार ही नहीं पड़ते, तो आपरेशन कराने की जरूरत ही क्या है?...
- आपरेशन करेंगे हम तो, उसकी एनोटॉमी, फिजिओलाजी सीखने से क्या फायदा?...? भाई साहब, पहले उसकी एनोटॉमी, फिजिओलाजी सीखिए। नहीं साहब,ये तो बेकार का टाइम हम नहीं गँवाएगे। आप तो आ...
- आपस की यह प्रशंसा किसकी है?...? आपकी। आप कहते हैं भगवान जी! आप ऐसे हैं और आप भगत जी, बहुत अच्छे हैं। भगत जी आप तो आप ही हैं। उनने कह...
- आपस की यह प्रशंसा किसकी है?...? आपकी। आप कहते हैं भगवान जी! आप ऐसे हैं और आप भगत जी, बहुत अच्छे हैं। भगत जी आप तो आप ही हैं। उनने कह...
- आपस में आप जब दो आदमी बात करते हों, तो आप दो आदमियों के अतिरिक्त तीसरा आदमी भी आपकी बातचीत को सुनता रहता है कि ये वानप्रस्थी आपस में क्या बात कर रहे हैं?...? स्टेज पर तो हम बढ़िया- बढ़िया बात कहेंगे और आपस में कैसी- कैसी अनर्गल बातें कर रहे हैं। बेटे, आपस की...
- आपस में एक-दूसरे का गला क्यों काट रहे हो?...? धिक्कार है तुम्हारी इनसानियत को। मित्रो! थोड़ी-सी अकल हमारे अन्दर आ जाती तो हम सारी समस्याओं का हल कर...
- आपस में न मिलें तब?...? तब सीप के लिए सम्भव नहीं है कि वह मोती पैदा कर सके। यही बात भगवान के सम्बन्ध में भी है। भगवान को कल्...
- आपस में बोले—यह हमारा अतिथि है, जो आज भूखा है, हम इसके लिए क्या उपाय करें और तो हम गरीब कुछ कर नहीं सकते?...? हाथ-पाँव तो हैं नहीं, जो कमा के लाएँ कुछ।
अब दोनों ने विचार किया और कहा अच्छा मैं उपाय करता हूँ। व...
- आपसे मैं पिछड़ा हुआ हूँ क्या?...? नहीं, मैं पिछड़ा हुआ नहीं हूँ, मैं ठीक उसी तरह का हूँ, जितना कि सारे विश्व का हर नागरिक जिस तरह क...
- आपसे उन्हें क्या मतलब कि आप क्या कर रहे हैं?...? आप अच्छे रास्ते पर जा रहे हैं या गलत रास्ते पर। उनकी बला से, किसी पर भी जाओ। निर्धारण आपको करना चाहि...
- आपसे एक ही बात हम कहेंगे कि जो पीड़ा और पतन आपको पुकार रहा है?...? उसके लिए आप खड़े हो जाइए और आगे बढ़िए।
कुरीतियों को दूर करें
आपको मालूम नहीं है कि हमारी कितनी...
- आपसे कहीं ज्यादा हैं?...? देख लो, अब राजीव गाँधी ने कल की घोषणा में कहा है कि इतने करोड़ नारी जागरण के लिए निवेश करेंगे।
इस ...
- आपसे क्या अनुरोध है?...? यह कि हम तो सारी जिन्दगी के लिए चले आए। मरेंगे तो भी हम इधर ही कहीं मरेंगे, लेकिन आपसे हमारी प्रार्थ...
- आपसे क्या चाहेंगे?...? हमारे बच्चे हैं, जो हम करें वह आप कीजिये। जुलाहे का बेटा जुलाहा होता है, लोहार का बेटा लोहार होता है...
- आपसे क्यों कहेंगे?...? आपसे नहीं कहेंगे। आपसे एक ही बात हम कहेंगे कि जो पीड़ा और पतन आपको पुकार रहा है? उसके लिए आप खड़े हो...
- आपसे क्यों पाएँ?...? मित्रो! राम का नाम लेने के लिए जब हमने आपसे कहा है, तो आप राम का नाम लिया कीजिये, भगवान का जप किया क...
- आपसे पूछता हूँ कि आप क्या ये काम नहीं कर सकते?...? आप एक घण्टा समय नहीं दे सकते? दो घण्टे समय नहीं दे सकते? कलेजा है आप में? हृदय है आप में? हिम्मत ह...
- आपसे पूछता है कि आप क्या ये काम नहीं कर सकते?...? आप एक घण्टा समय नहीं दे सकते? दो घण्टे समय नहीं दे सकते? कलेजा है आप में? हृदय है आप में? हिम्मत है आप...
- आपसे मैं गरीब हूँ क्या?...? आपसे मैं पिछड़ा हुआ हूँ क्या? नहीं, मैं पिछड़ा हुआ नहीं हूँ, मैं ठीक उसी तरह का हूँ, जितना कि ...
- आपसे मैं पूछता हूँ कि आप लक्ष्मी जी को समझते क्या हैं?...? वे आपके जैसी फरेबी और आप जैसी जलील हो सकती हैं क्या? आप नारियल चढ़ाएँगे और उनकी जेब काटकर लाएँगे। आप...
- आपसे मैं पूछता हूँ कि आपके अन्दर अगर निष्ठा है, तो क्या आप समय नहीं दे सकते मिशन के लिए?...? मिशन से मतलब ‘नया युग’ से है। मिशन से मतलब मानवी सभ्यता, मानवी भविष्य। इस पर आपकी आस्था है या कुछ ...
- आपसे मैं पूछता हूँ कि आपके अन्दर अगर निष्ठा है, तो क्या आप समय नहीं दे सकते मिशन के लिए?...? मिशन से मतलब 'नया युग' से है। मिशन से मतलब मानवी सभ्यता, मानवी भविष्य। इस पर आपकी आस्था है या कुछ भी...
- आपसे मैं यह कह रहा था कि आध्यात्मिक जीवन में आध्यात्मिक सामर्थ्य प्राप्त करने के लिए जिस पेट्रोल की जरूरत है, जिस सामर्थ्य की जरूरत है, जिस शक्ति की जरूरत है, वह कहाँ से आती है?...? मैं कल आपको दूसरी बात कह रहा था। अन्न की बात कह रहा था कि अन्न से हमारा शरीर चलता है। अन्न से हमारा ...
- आपसे मैं ये कह रहा था कि साधना से सिद्धि का जो आपका उद्देश्य है, उसमें हमें क्या करना चाहिए?...? उसमें आपको खेल-खिलवाड़ से आगे निकाल दें। अब तक क्या होता रहा है? खेल−खिलवाड़ होती रही है। अब खेल...
- आपसे यह मैं किसकी बात कह रहा हूँ?...? गायत्री की प्रैक्टिस की बात कह रहा हूँ। हमने गायत्री की प्रैक्टिस की है। छह घण्टे रोज के हिसाब से हमन...
- आपसे यह मैं क्या कह रहा था?...? यही कह रहा था आपसे-लोभ और मोह की बात। लोभ और मोह की ये दो वृत्तियाँ, पाशविक वृत्तियाँ हैं। प्रकृतिप्...
- आपसे वहाँ सिर्फ एक ही बात पूछी जाएगी कि आपको इतनी बेशकीमती जिन्दगी जिस काम के लिए दी गई थी, आपने उसे पूरा किया कि नहीं किया?...? तब आप यह जवाब देकर पिंड छुड़ाना चाहते हो तो ध्यान रखिए कि इस जवाब को न कोई सुनने को तैयार होगा और न ...
- आप्तकाम किसे कहते हैं?...? आप्तकाम उसे कहते हैं, बेटे! जिसकी सब मनोकामनाएँ पूरी हो जाएँ। क्यों साहब! फिर हमारी भी मनोकामना पूरी...
- आप्तकाम किसे कहते हैं?...? आप्तकाम उसे कहते हैं, बेटे! जिसकी सब मनोकामनाएँ पूरी हो जाएँ। क्यों साहब! फिर हमारी भी मनोकामना पूरी...
- आप्तकाम क्या होता है?...? कामना का स्तर बदल देता है। स्तर बदल देने की वजह से सारी-की-सारी समस्याओं का समाधान होना सम्भव है। दुन...
- आप्तकाम क्या होता है?...? कामना का स्तर बदल देता है। स्तर बदल देने की वजह से सारी की सारी समस्याओं का समाधान होना सम्भव है। दुन...
- आफत-ही हम क्या कर सकते हैं?...? देवताओं में संगठित होना नहीं आया कभी। जो असंगठित रहा, उसकी पिटाई होती रही। ब्रह्माजी ने कहा—देखो बेव...
- आम रास्ते पर चलने वाले नागरिकों की आँखों पर हमला करने का किसी को क्या हक है?...? " विनोबाजी का यह प्रश्न अपने आप में एक सच्चाई है। अधिकांश लोग न तो इस प्रश्न की आवश्यकता अनुभव करते ...
- आमतौर से लोग अकेले ही मंजिल पार करते हैं, अकेले ही चलते हैं; पर आपको तो अकेले चलने के साथ लाठी का सहारा भी है, आप उस सहारे का क्यों नहीं लाभ उठाते?...? आप लोग पैदल सफर करते हैं, आपके लिए तो यहाँ सवारी भी तैयार खड़ी है, फिर आप लाभ क्यों नहीं उठाते? शान्त...
- आमदनी की अपेक्षा खर्च ज्यादा किया तो दर्द कैसे दूर हो जाएगा?...? अपव्यय अगर मनुष्य के काबू से बाहर है तो चाहे कितनी ही आमदनी क्यों न बढ़े, हमेशा कर्जदारी की समस्या बन...
- आमदनी जो भी हो, बाकी जो बच जाएगा तो उसका क्या करेंगे?...? जमा करेंगे। नहीं बेटे! जमा मत करना। क्या करेंगे? परिग्रह। परिग्रह उसे कहते हैं, जहाँ जमाखोरी की जाती...
- आमदनी जो भी हो, बाकी जो बच जाएगा तो उसका क्या करेंगे?...? जमा करेंगे। नहीं बेटे! जमा मत करना। क्या करेंगे? परिग्रह। परिग्रह उसे कहते हैं, जहाँ 'जमाखोरी की जात...
- आमलेट और ला?...? अभी लाया। जल्दी- जल्दी लाने का उसे क्या मिलेगा? आपने एक रुपये का जो सामान खरीदा है, उसमें से जो बी...
- आमलेट मिलती होगी की नहीं?...? अगर ये चीजें नहीं मिलती होंगी, तो बताइये हम क्या करेंगे? बियर पीने को न मिली तो हम क्या करेंगे स्वर्...
- आम्रपाली ने बुद्ध भगवान् को कितना पैसा दिया था?...? आम्रपाली के पास ३०-३५ करोड़ के करीब की दौलत थी। जब वह बौद्ध भिक्षुणी बनी, तो उसने वह सारी दौलत बुद्ध ...
- आम्रपाली से लेकर अंगुलिमाल तक कौन-कौन जाने कितने आदमियों का सहयोग इस कदर बरसता था कि मैं आपसे क्या कहूँ?...? जहाँ सम्मान होगा, वहाँ सहयोग अवश्य बरसेगा।
-क्रमश: (समापन अगले अंक में)
गतांक से आगे...
- आम्रपाली से लेकर अंगुलिमाल तक कौन−कौन जाने कितने आदमियों का सहयोग इस कदर बरसता था कि मैं आपसे क्या कहूँ?...? जहाँ सम्मान होगा, वहीं सहयोग अवश्य बरसेगा।मित्रो! जहाँ सम्मान होता है, वहाँ सहयोग आता है। महापुरुषों...
- आया कहाँ से?...? लद पड़ा क्यों कर? इन अनबूझ पहेलियों को सुलझाते-सुलझाते, ओर छोर ढूँढ़ते-ढूँढ़ते वहाँ पहुँचना पड़ता है, जह...
- आयुर्वेद के आधार पर जड़ी-बूटी चिकित्सा अपनाई जाय, तो एलोपैथी की मद्य-माँस मिली हुई औषधियों का सेवन क्यों करना पड़े?...? फैन्सी डिजायनों का फैशन न अपनाया जाय और सीधे-सादे कुर्ता पायजामा, बनियान, जाकेट आदि पर्याप्त समझे ...
- आये दिन कत्लेआम, मन्दिरों को गिराया जाना, सयानी लड़कियों को जबरदस्ती ले जाना, बलात् धर्म परिवर्तन करना जैसी घटनाएँ किसका खून न खौला देंगी?...? कौन प्रतिरोध के लिए तैयार न होगा? पर आश्चर्य इस बात का है कि मुट्ठी भर अत्याचारियों के विरुद्ध समुद्...
- आरण्यक किसे कहते है?...? आरण्यक उसे कहते हैं जहाँ लोग वानप्रस्थ लेकर समाज-सेवा के लिए समर्पित हो जाते हैं, उनके निवास स्थान क...
- आरण्यक किसे कहते हैं?...? आरण्यक उसे कहते हैं जहाँ लोग वानप्रस्थ लेकर समाजसेवा के लिए समर्पित हो जाते हैं उनके निवास स्थान को ...
- आरण्यक जितने बने हुए थे, वो ढलती अवस्था में अपनी आध्यात्मिक उन्नति के लिए निवास करने के लिए आरण्यक बने हुए थे और उन आरण्यकों में क्या होता था?...? आरण्यकों में तपस्वी जीवन जीना पड़ता था; निग्रही जीवन, अनुशासित जीवन।...
- आरण्यकों में वानप्रस्थों को भरती करने के बाद में शिक्षण देने की बात भी चलती है; पर सामान्य जीवन कैसे चले?...? बताइए आप। सामान्य जीवन में कौन पीछे लगेगा आपके? एक-एक गलती, एक-एक विचारधारा, एक-एक भूल के बारे में क...
- आरण्यकों में वानप्रस्थों को भरती करने के बाद में शिक्षण देने की बात भी चलती है; पर सामान्य जीवन में कैसे चले?...? बताइए आप। सामान्य जीवन में कौन पीछे लगेगा? एक-एक गलती, एक-एक विचारधारा, एक-एक भूल के बारे में कौन सु...
- आरती अगर न उतारी जाए, तो भगवान नाखुश हो जाएँ, या उनका काम हरज हो जाए, ये कैसे हो सकता है?...? सूर्यनारायण और चंद्रमा भगवान् की हर वक्त आरती उतारते रहते हैं। नवग्रहों से लेकर के तारामंडलों द्...
- आरती अगर न उतारी जाए तो भगवान नाखुश हो जाएँ, या उनका काम हरज हो जाए, ये कैसे हो सकता है?...? सूर्यनारायण और चंद्रमा भगवान की हर वक्त आरती उतारते रहते हैं। नवग्रहों से लेकर के तारामंडलों द्वारा ...
- आरती अगर न उतारी जाए, तो भगवान नाखुश हो जाएँ, या उनका काम हर्ज हो जाए, ये कैसे हो सकता है?...? सूर्यनारायण और चंद्रमा भगवान की हर वक्त आरती उतारते रहते हैं। नवग्रहों से लेकर के तारामंडलों द्वारा ...
- आरती काहे की है?...? पीतल की है? हाँ महाराज जी! पीतल की है। इसमें क्या रखा है? इसमें रखा है घी और कपूर। इसको काहे से जलात...
- आरती क्यों उतारी जाती है?...? और घी में हाथ क्यों मला जाता है? भस्म क्यों लगाई जाती है? ये सारे के सारे क्रियाकृत्यों का, कर्मकाण्...
- आरती क्यों उतारी जाती है?...? और घी में हाथ क्यों मला जाता है? भस्म क्यों लगाई जाती है? ये सारे के सारे क्रिया-कृत्यों का, कर्मकाण...
- आर्यों का मूल ग्रन्थ कौन-सा हो सकता है वेद?...? जर्मन वालों ने मैक्समूलर को हिन्दुस्तान में भेजा और वह 17 साल तक वेदों का पता लगाते रहे, वेदों की खो...
- आलसियों को आप जानते हैं ना?...? रिश्वतखोरों, जमाखोरों और भ्रष्टाचारियों को आप जानते हैं ना? वे कौन हैं? ये सब वे आदमी हैं जो आज की स...
- आलसी आदमी और प्रमादी आदमी को क्या करना पड़ेगा?...? अपने आप से लोहा लेना पड़ेगा, भिड़ना पड़ेगा।
महाराज जी! बिना भिड़े काम नहीं चल सकता। नहीं, बिना भिड...
- आलसी प्रमादी लोग किस प्रकार उपयुक्त आजीविका कमा सकेंगे?...? पिछड़ी मनोभूमि और हेय स्वभाव अभ्यास वाले लोग जब गम्भीरतापूर्वक इस समाधान के लिए कारगर उपाय नहीं सोचें...
- आलस्य और प्रमाद में उसकी बरबादी तो नहीं होती?...? (२) जीवन लक्ष्य की प्राप्ति का हमें ध्यान है या नहीं? शरीर सज्जा में ही इस अमूल्य अवसर को नष्ट तो नह...
- आलस्य और प्रमाद में पड़े रहे, तो माँ क्या कर सकती हैं?...? माँ तो प्रेरणा देती हैं न कि बेटे उठो, जागो, हम आपकी उँगली पकड़ते हैं, हम आपका सर सहलाते हैं, हम वाय...
- आलस्य और प्रमाद से आप लड़ाई नहीं लड़ेंगे तब?...? जिन्दगी को बुहारेंगे नहीं तब? तब आपका शरीर, मन, कपड़ा, घर, ईमान सब गन्दगी से भर जाएँगे। ये क्या है? य...
- आलस्य प्रमाद को कहीं चुपके से आपके क्रिया-कलापों में घुस पड़ने का अवसर तो नहीं मिल गया?...? अनुशासन में व्यतिरेक तो नहीं हुआ? अपने कृत्यों को दूसरों से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आप...
- आलस्य-प्रमाद को कहीं चुपके से आपके क्रिया-कलापों में घुस पड़ने का अवसर तो नहीं मिल गया?...? अनुशासन में व्यतिरेक तो नहीं हुआ? अपने कृत्यों को दूसरे से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आ...
- आलस्य-प्रमाद को कहीं चुपके से आपके क्रिया-कलापों में घुस पड़ने का अवसर तो नहीं मिल गया?...? अनुशासन में व्यतिरेक तो नहीं हुआ? अपने कृत्यों को दूसरे से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आप ...
- आलस्य-प्रमाद को कहीं चुपके से आपके क्रिया-कलापों में घुस पड़ने का अवसर तो नहीं मिल गया?...? अनुशासन में व्यतिरेक तो नहीं हुआ? अपने कृत्यों को दूसरे से अधिक समझने की अहंता कहीं छद्म रूप में आप ...
- आलोचनाओं की तरफ हम देखेंगे क्या?...? आलोचनाओं की तरफ जिस किसी ने भी मुड़कर देखा, उसने कोई अच्छा काम नहीं किया। कर ही नहीं सकता, क्योंकि प...
- आल्पस पर्वत जैसे दुर्गम अवरोध को उसने जब पार करने की ठानी, तो प्रश्न सामने आया कि अब तक कोई उसे पार नहीं कर सका, सभी महत्त्वाकाँक्षी उसी अवरोध में उलझकर अपनी हस्ती गँवा बैठे, तो उसके लिए ही कैसे सम्भव हो सकता था कि दूसरे छोर तक पहुँच सके?...? उसके संकल्प ने आश्वासन दिया कि आल्पस को नेपोलियन के लिए मार्ग देना ही पड़ेगा। हुआ भी ऐसा ही।चाणक्य ए...
- आल्पस पहाड़ को लाँघने की योजना बनाने वाले नेपोलियन से हर किसी ने यह कहा था कि जो कार्य सृष्टि में आदि से लेकर अब तक कोई नहीं कर सका, उसे आप कैसे कर लेंगे?...? उत्तर बड़ा शानदार था। असम्भव शब्द मूर्खों के कोश में लिखा मिलता है। यदि आल्पस ने राह न दी, तो उसे इन...
- आल्पस पहाड़ को किसने उठा लिया था?...? नेपोलियन ने। उसने कहा था—भाईसाहब, रास्ता दीजिए हमको निकलने के लिए। अगर आप रास्ता नहीं देंगे तो हम पै...
- आवश्यक काम बीच में रोककर सुभाष चन्द्र बोस अन्त्येष्टि के लिए चलने लगे तो जनरलों ने कहा-मामूली बात है आप क्या करेंगे चलकर?...? सुभाष बोले-जिस दिन अधिकारी अपना महत्त्व अधिक समझने लगेंगे उस दिन छोटे न ठीक अनुशासन से चलेंगे न बड़ो...
- आवश्यक क्या है और अनावश्यक क्या है?...? अगर इस बात की कसौटी की परख करना शुरू करें, तो आपको हँसी आयेगी कि हम जिन चीजों के लिए ख्वाहिशमंद थे, ...
- आवश्यक क्षमता और सम्पदा कौन जुटाए?...? निश्चय ही यह नियोजन असाधारण एवं अभूतपूर्व है। इसे बिना मनस्वी साथी-सहयोगियों के सम्पन्न नहीं किया जा...
- आवश्यकता न हो तो किसीका नाम, गाँव, परिचय मत पूछो और कोई कहीं जा रहा हो तो ‘‘कहाँ जाते हो?...? भी मत पूछो।’’
१०. किसी का पत्र मत पढ़ो और न किसी की कोई गुप्त बात जानने का प्रयास करो।
११. किसी की नि...
- आवश्यकताएँ तो कोई थोड़े श्रम, समय में पूरी कर सकता है, पर वैभव जन्य भौतिक महत्त्वाकाँक्षाएँ तो ऐसी हैं जिन्हें पूरी कर सकना रावण, हिरण्यकश्यपु, सिकंदर आदि तक के लिए सम्भव नहीं हुआ, फिर सामान्य स्तर के लोगों की तो बात ही क्या है?...? वे हविश की जलती चिताओं वाली कशमकश में आजीवन विचरण करते रहते हैं। भूत-पलीत की तरह डरते-डराते समय गुजा...
- आवेश, उत्तेजना, शोक, चिता, भय, क्रोध, लोभ जैसे पतन के गर्त में धकेलने वाले असंयमों को उस सायंकाल के आत्मनिरीक्षण काल में भली प्रकार परखना चाहिए कि आज किस-किस शत्रु का कितना बाहुल्य रहा और कल उनको नियन्त्रण में रखने के लिए क्या-क्या सावधानी बरती जाए?...? यह सोचना चाहिए।संयम का तात्पर्य यह है कि बची हुई शक्तियों को शारीरिक कार्यों से समेटकर आध्यात्मिक का...
- आशंका है कि वह दुर्दिन कल-परसों ही कहीं सामने आ खड़ा न हो?...? विकास के नाम पर हम विनाश की दिशा में चले हैं। आज ही सब कुछ पा लेने की सोच में हम विनाश को बुरी तरह द...
- आशा की ज्योति जलती ही न हो तो प्रगति पथ पर प्रकाश कैसे उत्पन्न होगा?...? यह विचारधारा भारतीय दर्शन के सर्वथा विपरीत है। अपने यहाँ सदा पुरुषार्थ, कर्म, प्रयत्न और संघर्ष को म...
- आशीर्वाद की तो पड़ रही है?...? नहीं बेटे, आशीर्वाद की तो बिलकुल नहीं पड़ रही। आशीर्वाद की बहुत कीमत है। कीमत चुकाए बिना न आशीर्वाद ...
- आशीर्वाद की तो पड़ रही है?...? नहीं बेटे, आशीर्वाद की तो बिलकुल नहीं पड़ रही है। आशीर्वाद की बहुत कीमत है। कीमत चुकाए बिना न आशीर्वा...
- आशीर्वाद सन्त देते हैं?...? हाँ, सन्त देते हैं। वास्तव में यह सन्तों का काम है। अगर सन्त न दें, तो उनकी परम्परा समाप्त हो जाएगी। आप...
- आश्चर्य इस बात का है कि अवांछनीय जाल-जंजालों से अपने को उबारने के लिए कुछ करना तो दूर, सोचने तक का मनुष्य प्रयास नहीं कर पाता, उलटे अनाचारों पर उतारू होकर दूसरों को भी वैसा ही करते रहने के लिए उकसाता रहता है, भले ही वह अनर्थ स्तर का ही घृणित क्यों न हो?...? यही है अपने समय के मनुष्य का तात्त्विक पर्यवेक्षण। मूर्खता को कहने-सुनने में तो उपहासास्पद बताया जात...
- आश्चर्य है कि हम उसी की गर्दन घोंट डालने के लिए उतारू हो गये?...? जहाँ से हम अन्न-जल और वनस्पति प्राप्त करके जीवन धारण किये रहा करते थे, वह सम्पदा जिसके साथ हमारा सम्...
- आश्चर्यजनक होता है कि व्यस्तता, दरिद्रता, चिन्ता आदि के बहाने जो चिरकाल से गढ़ते चले आ रहे थे और विवशता, असमर्थता जैसे शब्दों से अपनी कृपणता को सँजोए रहते थे-उन्हें रातों-रात क्या हो गया?...? उन्हें इतनी फुरसत कहाँ से आ गई कि नित्य कर्मों की तरह सृजन प्रयोजनों को प्राथमिकता देने लगे।
समुद्र ...
- आश्रम में जाएँगे?...? हम कहते हैं कि इससे बड़ा आश्रम कहाँ है, जिसमें आपकी माँ रहती है, बाप रहता है, बीबी, बच्चे, भाई, बहन ...
- आसमान में चली गई?...? खिन्न अनुभव करने लगे, असहाय अनुभव करने लगे, अपने को दीन-हीन अनुभव करने लगे। भगवान राम अपनी सीता को प...
- आसुरी शक्तियाँ बेकार ही हैरान क्यों करेंगी?...? केवल आपके पाप कर्म ही वह आसुरी शक्तियाँ हैं, जो आपको हैरान कर देती हैं और आपको अच्छे कर्म में सफलता ...
- आसुरी शक्तियों से क्या मतलब है?...? आसुरी शक्तियों से कोई मतलब नहीं है, आपका किसी से वैर नहीं है, फिर कोई आपको बेकार ही हैरान नहीं कर सक...
- आस्तिकता का कलेवर ओढ़े फिरने वाले नास्तिक, बता तेरी इस बाल क्रीड़ा से ईश्वरीय अनुग्रह का एक भी कण कैसे मिल सकेगा?...? भूलें बहुत हो चुकी। बहुत क्या, यो कहना चाहिए कि अब तक का सारा जीवन भूल-भुलैयों में भटकते हुए ही बी...
- आस्तिकता का क्या अर्थ होता है?...? आस्तिकता से क्या मतलब है? दुनिया में आस्तिकता की कई फिलॉसफियाँ हैं। आस्तिकता माने भगवान् पर विश्वास।...
- आस्तिकता का हमें क्या लाभ मिला?...? ऐसा सन्देह आपको भी उत्पन्न हो सकता है और मुझे भी।...
- आस्तिकता की आस्था को परिपक्व करने के लिए किन-किन बातों का आश्रय लिया जाता है?...? ८. उपासना का क्या अर्थ होता है। तथा उस समय हमें मन में क्या अनुभव करना चाहिए। ९. उपासना करते समय हम ...
- आस्तिकता को ही धर्म का प्रथम आधार क्यों माना गया है?...? ५. आज के युग में आस्तिकता किस तरह विकृत हो गई है? ६. भगवान की उपासना व्यक्ति किस कारण करते हैं? ७. आ...
- आस्तिकता क्या है?...? और जिस मिशन को ले करके हम चले हैं, उसका उद्देश्य क्या है? जहाँ आपको एक ही घण्टा बोलने के लिए मिल...
- आस्तिकता से क्या मतलब है?...? दुनिया में आस्तिकता की कई फिलॉसफियाँ हैं। आस्तिकता माने भगवान् पर विश्वास। भगवान् का भजन नहीं—विश्वा...
- आस्था क्षेत्र में ज्ञान गंगा की आस्तिकता, आध्यात्मिकता और धार्मिकता की त्रिवेणी संगम की प्रभावी भूमिका रहनी चाहिए, पर इसके लिए किसी चमत्कारी भागीरथ की प्रतीक्षा क्यों की जाय?...? क्यों न अपने परिवार देवता की मनुहार करने और मनौती मनाने में जुटा जाय?क्रान्तिकारी कार्लमार्क्सों का ...
- आस्पेंस्की ने सोचा कि जब मरना ही है तो बिस्तर पर क्यों मरा जाय?...? मृत्यु का साक्षात्कार क्यों न किया जाय? वह उठा और चल पड़ा। निरन्तर चलता रहा। मित्रों ने अस्वस्थता की ...
- आहार को सन्तुलित बनाने के लिये इससे अधिक स्वादिष्ट, सस्ता, सुपाच्य सम्मिश्रण और हो भी क्या सकता है?...? अदरक क्षुधा वर्धक होने के साथ पाचक रसों को उत्तेजित करने वाली उपयुक्त औषधि भी है। सुण्ठी इसी को सु...
- आहार, जल और निवास तक की सुविधा न थी, फिर अन्य साधनों का उत्पादन और उपयोग बन पड़ने की बात ही कहाँ बन पाती होगी?...? आज का हाट-बाजारों उद्योग-व्यवसायों विज्ञान-आविष्कारों सुविधा-साधनों अस्त्र-शस्त्र सज्जा-शोभा शिक्षा ...
- आहार- विहार की, ब्रह्मचर्य की जरूरत क्या है?...? आप भी दण्ड पेलते हैं, हम भी दण्ड पेलेंगे। पहलवान ने कहा कि आपका कहना गलत है।...
- इंग्लैंड जाने का रास्ता जानना चाहते हैं?...? कैसा सरल रास्ता बताऊं बेटे? बस गुरुजी ज्यादा से ज्यादा मैं छह नए पैसे खरच कर सकता हूँ पहुँचा दीजिए न...
- इंग्लैण्ड और दूसरे देशों में जब हम पादरियों को देखते हैं, जहाँ खाने- पीने और रहने की सुविधाएँ हैं, जहाँ सड़कें हैं, जहाँ रेलगाड़ियाँ हैं, जहाँ टेलीफोन हैं, जहाँ बिजली है, उन सुविधाओं को छोड़ करके अफ्रीका के कांगो के जंगलों में, हिन्दुस्तान के बस्तर के जिलों में, नागालैण्ड के जंगलों में चले जाते हैं, जहाँ सिवाय कष्ट और तकलीफ के और क्या मिल सकता है?...? वहाँ कोई चीज नहीं है। मेरे मन में आता है कि इनके पैर धोकर पीना चाहिए। क्यों? क्योंकि इन्होंने अपनी...
- इंग्लैण्ड जाने का रास्ता जानना चाहते हैं?...? कैसा सरल रास्ता बताऊँ बेटे? बस गुरुजी ज्यादा से ज्यादा मैं छह नए पैसे खरच कर सकता हूँ पहुँचा दीजिए न...
- इंग्लैण्ड जाने का सरल रास्ता जानना चाहते हैं?...? ? कैसा सरल रास्ता बताऊँ बेटे? बस गुरुजी ज्यादा से ज्यादा मैं छह नए पैसे खरच कर सकता हैं, पहुँचा दीजि...
- इंजन कितना बड़ा होता है?...? इंजन साहब छह लाख रुपये का आता है। लेकिन ड्राइवर 250 रुपये का आता है। ड्राइवर घसीटता है इन्जन को। उसन...
- इंजन कितना ही समर्थ या कीमती क्यों न हो?...? उसे चलाने की क्षमता तो सजीव मनुष्य में ही होती है। रेलगाड़ी अपने बलबूते किसी निर्दिष्ट लक्ष्य तक नही...
- इंजीनियरिंग कैसे सीख ली?...? भीतर की कशिश और भीतर की लगन, आदमी की योग्यता बढ़ाने में इतने ज्यादा सहायक होते हैं, जितने हजार अध्याप...
- इंतजार करने से कहाँ मिलेगा?...? जाओ, समुद्र में पहुँचो और दोनों साथ-साथ में मिलकर समुद्र का मन्थन करना शुरू कर दो और अपनी कलाइयों स...
- इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या?...? और पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या? वही लोग हैं। वही सब छाए हुए हैं। फिर वही सब लोग ठंढे हो गए। य...
- इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या?...? पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या? वही लोग हैं। वही सब छाये हुए हैं। फिर वही सब लोग ठंडे हो गए। यह ...
- इंदौर के महाराज से?...? हमारी बेटी रानी बन सकती है, आप यह क्या कह रहे हैं? मैं सपना देख रहा हूँ या कोई दृश्य। नहीं, आप सपना ...
- इंदौर के महाराज से?...? हमारी बेटी रानी बन सकती है। आप यह क्या कह रहे हैं? मैं सपना देख रहा हूँ या कोई दृश्य। नहीं, आप सपना ...
- इंदौर वाली रानी की उपमा किससे दे रहे हैं आप?...? जीवात्मा से और भगवान की किससे उपमा देंगे? तुकोजीराव से। ऐसी जीवात्मा जिसमें संकल्प हो, साहस हो, जिसम...
- इंदौर वाली रानी की उपमा किससे दे रहे हैं आप?...? जीवात्मा से और भगवान की किससे उपमा देंगे? तुकोजीराव से। ऐसी जीवात्मा जिसमें संकल्प हो, साहस हो, जिसम...
- इंद्रियसंयम, अर्थसंयम, समयसंयम और विचारसंयम की चर्चा, अपने वर्तमान स्वभाव अभ्यास में इन प्रसंगों में कहाँ?...? क्या त्रुटि रहती है, इसकी निष्पक्ष निरीक्षक एवं कठोर परीक्षक की तरह जाँच पड़ताल की जानी चाहिए। आत्मपक...
- इंद्रियाँ कौन सी हैं?...? बेटे! इंद्रियाँ दस हैं, लेकिन इनमें सबसे खराब और सबसे बागी इंद्रियाँ दो हैं। इनमें से एक का नाम है—ज...
- इंद्रियाँ क्या होती हैं, कुछ भी नहीं होती?...? ये जो हमारी निष्ठाएँ, हमारी आकांक्षाएँ, हमारी इच्छाएँ हैं, वहाँ तू चल। इच्छाएँ हमारी क्या हैं? इस सम...
- इंद्रियाँ क्या होती हैं, कुछ भी नहीं होतीं?...? जो हमारी निष्ठाएँ हमारी आकांक्षाएँ हमारी इच्छाएँ हैं, वहाँ तू चल। इच्छाएँ हमारी क्या हैं? इस समय में...
- इंद्रियाँ भी कोई मानने जैसी चीज हैं क्या?...? इंद्रियाँ क्या होती हैं, कुछ भी नहीं होती? ये जो हमारी निष्ठाएँ, हमारी आकांक्षाएँ, हमारी इच्छाएँ हैं...
- इंद्रियाँ भी कोई मानने जैसी चीज हैं क्या?...? इंद्रियाँ क्या होती हैं, कुछ भी नहीं होतीं? जो हमारी निष्ठाएँ हमारी आकांक्षाएँ हमारी इच्छाएँ हैं, वह...
- इंद्रियों की शक्ति खराब भी होती चली जाए, तो कोई बड़ा नुकसान नहीं होता, लेकिन दिमाग में से उत्तेजना, विचारों की उत्तेजना, कामुकता के विचारों की वजह से आदमी की प्राण-ऊर्जा इतनी ज्यादा क्षीण और अपव्यय होती है कि इसके लिए मैं क्या कह सकता हूँ?...? मैं आप से इंद्रियों के तप के बारे में कह रहा था। अगर इंद्रियों का तप करना आपके लिए सम्भव हो सके, जिसक...
- इंसान और भगवान के बीच जो सबसे बड़ी दीवार है, वह क्या हो सकती है, आप जानते हैं?...? एक ही दीवार है और उसका नाम है—कलुष और कषाय। कषाय, कल्मष या कलुष किसे कहते हैं? हमारी शारीरिक जरूरत...
- इंसान कहाँ से पैदा होता है?...? माँ के प्यार में से पैदा होता है। त्याग में से पैदा होता है, बलिदान में से पैदा होता है। लाल रंग के ...
- इंसान गिरा कैसे?...? समय की परिस्थितियाँ उल्टी कैसे हो गईं? दुःख कैसे हो गया? इसमें संसार में क्या कमी दिखाई पड़ती है आपको...
- इंसान से आप क्या मतलब लगाते हैं?...? जिसके आँख, कान, नाक, दाँत आदि होते हैं, आप उसे इंसान कहते हैं, लेकिन मैं कुछ और कहता हूँ। जिसका चिन्...
- इक्कड़ उसको कहते हैं, जिसको स्वयं की अपनी खुदगर्जी, मैं; मुझे पैसे वाला बनना चाहिए; मुझे मालदार बनना चाहिए; मेरे बेटे को बादशाह होना चाहिए; मुझे इज्जत मिलनी चाहिए और समाज को?...? समाज को जहन्नुम में जाना चाहिए। पड़ोसी को? पड़ोसी को जहन्नुम में जाना चाहिए। यह कौन आदमी है? यह इक्क...
- इक्कड़ किसे कहते हैं?...? इक्कड़ उसको कहते हैं, जिसको स्वयं की अपनी खुदगर्जी, मैं; मुझे पैसे वाला बनना चाहिए; मुझे मालदार बनना...
- इक्कड़ कैसे होते हैं?...? जो झुंड से अलग हो जाते हैं। मसलन कई बार सूअर इक्कड़ पाए जाते हैं और अलग ही रहते हैं। वे झुंड में नही...
- इक्कीसवीं सदी के उज्ज्वल भविष्य वाले गंगावतरण की परिकल्पना और सम्भावना इसी आधार पर गले उतरती है कि उसके पीछे कोई अदृश्य सत्ता काम कर रही है, अन्यथा इस समय के असुरत्व को देवत्व में बदल देने और विश्वव्यापी कायाकल्प पर कैसे विश्वास किया जा सकेगा?...? जब नदी का प्रवाह उलट देना एक प्रकार से असम्भव माना जाता है, तो परम्पराओं के रूप में जड़ जमाए बैठी अव...
- इक्कीसवीं सदी में ऐसे ही परिवर्तन होंगे, पर यह प्रतीत न होगा कि यह कैसे हो रहे हैं और कौन कर रहा है?...? चूँकि पिछले दो हजार वर्षों की गड़बड़ियाँ अगले सौ वर्षों में ही ठीक होनी हैं, इसलिए सुधार की गतिविधिय...
- इक्कीसवीं सदी में क्या-क्या चीजें समाप्त होने जा रही हैं तथा क्या-क्या होने वाला है?...? इस पर एक पुस्तक लिखी जा रही है, जिसे आप देखकर सब बातें समझ सकते हैं।मित्रो! यहाँ पर हम इक्कीसवीं सदी...
- इच्छा या कामना दूर से इतनी खूबसूरत मालूम पड़ती है, लेकिन जब वह हमारे नजदीक आती है तो वह इतनी बेचैनी लेकर के आती है कि क्या कहने का है?...? जब तक ब्याह नहीं हुआ था, तब तक, हाँ, बेटा! तेरा ब्याह हो जाएगा। ब्याह हो जाएगा तो बहुत सुख पाएगा। अच...
- इच्छा या कामना दूर से इतनी खूबसूरत मालूम पड़ती है, लेकिन जब वह हमारे नजदीक आती है तो वह इतनी बेचैनी लेकर के आती है कि क्या कहने का है?...? जब तक ब्याह नहीं हुआ था, तब तक, हाँ बेटा! तेरा ब्याह हो जाएगा। ब्याह हो जाएगा तो बहुत सुख पाएगा। अच्...
- इच्छाएँ हमारी क्या हैं?...? इस समय में हमारी भौतिक इच्छाएँ तीन हैं—वासना, तृष्णा, अहंता। हमने अपने आपको भूत मान लिया है। कौन हैं...
- इच्छाएँ हमारी क्या हैं?...? इस समय में हमारी भौतिक इच्छाएँ तीन हैं-वासना, तृष्णा, अहंता। हमने अपने आप को भूत मान लिया है। कौन है...
- इच्छाओं से जो मजबूर हो रहे हैं, ये भी कोई भक्त होते हैं क्या?...? आपने क्यों कहा कि हम भक्त हैं। भक्ति को बदनाम क्यों किया? भक्ति को बदनाम करना मुझे नापसन्द है।
आप...
- इतना अगर सोच सकते हैं, तो फिर आप देखिये कि क्यों नहीं भगवान की सहायता आपको मिलती?...? भगवान की सहायता आपको जरूर मिलेगा। आपको देवता की सहायता भी मिलेगी, आपके मंत्र तब कितने चमत्कारी साबित...
- इतना अन्तर है कि हम आपसे क्या कहें?...? यह इस भूमि का प्रभाव है।
इस भूमि पर विश्वामित्र ने तप किया है और दूसरा आपके युगऋषि, युग के विश्वा...
- इतना अन्न जुटा पाएगी?...? ’’
उसने कहा—‘‘पितामह! आपकी शक्ति और मेरा पुरुषार्थ और मेरा संकल्प बल, देखिए चमत्कार करता है कि नहीं...
- इतना उनको शिक्षित किया जाना चाहिए कि अपनी ठीक तरीके से पढ़ने-लिखने की बात को समझ सकें और संसार में क्या हो रहा है, अपने देश में क्या हो रहा है और भूतकाल में क्या हो रहा था, आज की समस्याएँ क्या हैं, उनके समाधान क्या हैं?...? इस विषय में उनको थोड़ी जानकारी होने लगे, इतना पढ़ना लिखना आवश्यक है। मैं समझता हूँ प्रौढ़ शिक्षा की दृष...
- इतना कर सकना यदि हमारे लिए सम्भव हो जाए तो समझना चाहिए कि आपका यह सवाल पूरा हो गया कि हम क्या करें?...? क्या न करें? आप अच्छे बनें। समाज सेवा करने से पहले यह आवश्यक है कि हम उसकी सेवा के लायक हथियार तो अप...
- इतना कर सकना यदि हमारे लिए सम्भव हो जाए तो समझना चाहिए कि आपका यह सवाल पूरा हो गया कि हम क्या करें?...? क्या न करें? आप अच्छे बने। समाज-सेवा करने से पहले यह आवश्यक है कि हम समाज-सेवा के लायक हथियार तो अपन...
- इतना कर सकना, अगर हमारे लिये सम्भव हो जाये तो समझना चाहिए आपका ये सवाल पूरा हो गया, अब हम क्या करें?...? नहीं ये करें कि हम अच्छे बनें। समाज सेवा भी करना, पर समाज सेवा करने से पहले आवश्यक है कि समाज सेवा क...
- इतना कष्ट भी क्यों करते हो?...? ’’उन दिनों कानपुर का वह दिल दहला देने वाला समाचार सुर्खियों में था। जब एक ही परिवार की तीन लड़कियों न...
- इतना कीमती हमारा मस्तिष्क, इतने कीमती हमारे साधन किस बुरी तरीके से तबाह हुए, आपने देखा नहीं?...? आप देखिए कि यह किससे तबाह होता है? समस्याओं से? नहीं समस्याओं से तबाह नहीं होता। हमारी भीतर वाली...
- इतना तो देगा कि इतना भी नहीं देगा?...? हाँ महाराज जी। इतना तो दे दूँगा। योजनाबद्ध जीवन अच्छा महाराज जी! चौबीस घण्टे में तीन घण्टे दें तो किसक...
- इतना पैसा हम अकेले में कैसे खरच करेंगे?...? हमें अपनी बहन को भेजना पड़ता है।
साथियो! जो सिद्धान्त आज आप अपने कुटुँब में लागू कर रहे हैं, ...
- इतना बड़ा गाँव है, किसी के घर मेहमान आ गया तो?...? साग नहीं था तो दाल से खाते थे। साग-भाजी का उन दिनों नाम भी नहीं था। कोई मेहमान आ जाए, जमाई आ जाए तो ...
- इतना बड़ा परिवार अनायास ही कैसे जुट गया?...? सम्भवत: पूर्व जन्मों के संचित किन्हीं संस्कारों ने यह मिलन-संयोग स्तर का सुयोग बना दिया हो। महत्त्वप...
- इतना बड़ा बनाया काहे के लिए, खिलाओगे नहीं, तो और क्या करोगे?...? आपको सेवा-सहायता करनी चाहिए। चाहे भले ही आपका सहयोग गिलहरी के समान ही क्यों न हो, पर उसके अन्दर भावन...
- इतना बड़ा होता है, पर घोंसला कैसे बनाता है?...? बया का घोंसला जरा आप देखना और कबूतर का भी घोंसला देखना। वह बड़ी-बड़ी लकड़ी बीनकर ले आता है और एक इधर...
- इतना बड़ा होता है, पर घोंसला कैसे बनाता है?...? बया का घोंसला जग आप देखना और कबूतर का भी घोंसला देखना। वह बड़ी-बड़ी लकड़ी बीनकर ले आता है जोर एक इधर रख...
- इतना बल कहाँ से आया था?...? तप से आया था। मित्रो! कल मैं आपको अगस्त्य ऋषि का किस्सा सुना रहा था। वे तीन चुल्लू पानी में सम...
- इतना बड़ा काम व मात्र एक महीना?...? हमने इसलिए बड़ा नहीं रखा, क्योंकि हमको कम समय में एक लाख से अधिक सही जीवन जीने वाले आदमी तैयार करने ह...
- इतना बड़ा घाव, सूख कैसे रहा है?...? उसने फिर से देखा व पूछा, ‘‘आप लोगों ने किस डॉक्टर को दिखाया है? कौन डॉक्टर मिल गया जिसने यह घाव सुखा...
- इतना बड़ा स्थान महाराज जी कैसे बन गया?...? बाबा साहब आमटे बड़े मालदार हैं क्या? हाँ बेटे बड़े मालदार हैं। एक बार रीडर डाइजैस्ट अख़बार आपने कभी दे...
- इतना भी नहीं देगा क्या समाज के लिए?...? सब बेटे को ही खिला देगा क्या? अपने पेट को ही खिला देगा क्या? क्या समाज का हक कुछ भी नहीं है? समाज का...
- इतना भी नहीं समझेंगे, तो मैं क्या करूँगा?...? आप इन क्रिया-कृत्यों को ही तोप मानकर चलेंगे, तो बेटे मैं क्या करूँगा? क्रिया-कृत्यों और कर्मकाण्...
- इतना मूल्यवान शरीर पाकर भी तुम भगवान् को, भाग्य को दोष देते हो?...? (९) बौद्धिक परावलम्बन का जुआ उतार फेकें प्रश्न —— (१) ज्योतिष कितने प्रकार का होता है। उसमें कौन स...
- इतना लम्बा आयुष्य कैसे हो सकता है?...? गायत्री मंत्र की उपासना, जिसका हम आपको शिक्षण करते हैं, जिसको हम आपके द्वारा सारे विश्व में फैलाना च...
- इतना साहित्य लिखने से लेकर इतना बड़ा संगठन खड़ा करने तक और इतनी बड़ी क्रान्ति करने से लेकर इतने आश्रम बनाने तक जो काम शुरू किए हैं वे कैसे हो गए?...? बेटा, यह श्रम है श्रम। यह हमारा श्रम है। यदि हमने श्रम से जी चुराया होता तो उसी तरीके से घटिया आदमी ...
- इतना ही अधिकार आपका बनता है कि जो कुछ भी गुरुजी-माताजी का है और जो कुछ भी गायत्री माता का है, वह सब समेटकर लिए चलें और हमें विश्व शान्ति के लिए, विश्व के लिए कोई कदम नहीं उठाना चाहिए?...? उठाना चाहिए। बेटे! हमको आपका कुछ नहीं चाहिए, आपका प्यार चाहिए।
बेटे! हमारे पास कुछ नहीं है, लेकिन ...
- इतना ही नहीं, यह सोचकर चुप भी न बैठें कि हमें दूसरों के झंझट में पड़ने से क्या लाभ?...? जिस पर बीते वह भुगते। इस असामाजिक मनोवृत्ति के कारण ही हर भले मानुष को एक एक करके गुण्डा तत्वों का...
- इतनी असफलताएँ आपके पास आती हैं, इतनी समस्याओं का समाधान सुझाते हैं, पर इस कदर आप हँसते कैसे हैं?...? गाँधी जी ने कहा-मैं इसीलिए एक सही जिन्दगी जी पा रहा हूँ। मेरे जिन्दा रहने का और कोई तरीका नहीं। अगर ...
- इतनी उदारता भगवान् ने क्यों बरती?...? यह प्रश्र आपके सामने है। आपको विचार करना चाहिए कि भगवान् ने ऐसा पक्षपात क्यों किया? अगर अन्य प्र...
- इतनी कीमत पर सुविधा को इकट्ठा कर लेना कोई समझदारी है?...? नहीं, पर विभीषण की समझदारी है। ठीक है—गालियाँ खाता रहा, तो क्या हुआ? अपने फटे-टूटे झोंपड़े में रहता र...
- इतनी गहरी नींद आती है?...? हाँ साहब! गहरी नींद उसको ही आ सकती है जो चिन्ताओं से दूर रहता है। चिन्ताओं से दूर कौन रह सकता है? जि...
- इतनी जल्दी इतना सुधार कैसे हो गया?...? ’’
डॉ. ओ. पी. शर्मा जी बताते हैं कि तीन दिन बाद ही मुझे परम पूज्य गुरु देव का पत्र मिला, ‘‘बेटी गाय...
- इतनी जल्दी दिखा देंगे?...? उन्होंने कहा—हाँ। आँखों से दिखा देंगे, तो दिखाइये ना? बस ईसामसीह बैठ गये। उस आदमी को भी बिठा दिया। च...
- इतनी जल्दी मन्दिर कैसे बन सकते हैं?...? इस तरीके से बनें कि आप एक पूजा की चौकी बना लीजिए। चौकी पर भगवान का चित्र स्थापित कर दीजिए और घर के ह...
- इतनी जल्दी मन्दिर कैसे बन सकते हैं?...? इस तरीके से बनें कि आप एक पूजा की चौकी बना लीजिए। चौकी पर भगवान का चित्र स्थापित कर दीजिए और घर के ह...
- इतनी जिम्मेदारियाँ सँभालनी हैं कि बेटे क्या कहूँ?...? जो लेखन में हैं, वे भी अपना पुरुषार्थ दिखाएँ। कार्य की दृष्टि से भी, भावनाओं की दृष्टि से भी कि बस आ...
- इतनी ताकत उनमें कैसे आ गयी थी?...? वे क्या खाते थे? विटामिन बी-काम्प्लेक्स खाते थे? फिर क्या करते थे? तपस्वी थे। उनकी यह तपस्या की शक...
- इतनी तो बिल्डिंगें हैं और जो उनमें लोग रहते हैं, उन पर जो रुपया खरच होता है, वह कहाँ से आता है?...? जाने कहाँ से आ जाता है, कि धन हमारे लिए कम नहीं पड़ता। भगवान की तरफ हम इशारा कर देते हैं और वह हमारे ...
- इतनी तो बिल्डिंगें हैं और जो उनमें लोग रहते हैं, उन पर जो रुपया खर्च होता है वह कहाँ से आता है?...? जाने कहाँ से आता है कि धन हमारे लिए कम नहीं पड़ता। भगवान की तरफ हम इशारा कर देते हैं और वह सब ज्यों क...
- इतनी देवियाँ दुनिया में कहाँ से हो सकती हैं?...? कोई देवी नहीं है। दुनिया में एक ही देवी है, जिसका नाम है—भगवान। उसी को माता कहा गया है, उसी को पिता ...
- इतनी दौलत दे जाए तब भी?...? हाँ बेटे, हो सकता है; क्योंकि गुण नहीं हैं, तो वह दौलत भी आपकी तबाही का कारण बनेगी और जान लेकर हटेगी...
- इतनी नौकरी कहाँ से आएँगी?...? जब सारे के सारे देश के नागरिक पढ़ने लगेंगे और हर नागरिक की यह इच्छा होगी कि हमको नौकरी ही मिलनी चाहिए...
- इतनी बड़ी यह संस्कृति आखिर कहाँ से आती है?...? यह आती है—गायत्री मंत्र से। गायत्री मंत्र छोटा-सा बीज मंत्र है। छोटा-सा, नन्हा-सा बीज मंत्र है, इसी ...
- इतनी सस्ती होती है?...? साधना इतनी सस्ती होती है? इतनी कीमती चीजें आप इतने डैम चीप (damn cheap) कीमत में (ख) खरीदने की कोशिश...
- इतनी हैसियत होती तो बेचारा टाँग टूटा हुआ क्यों होता?...? फिर तो घुड़सवार न होता। घुड़सवार नहीं है, टाँग टूटा हुआ आदमी, वो चल नहीं सकता, इसलिए आपको ही जाना पड...
- इतने आदमियों का कत्ल करने के बाद में कितनी आत्माओं ने चीत्कार किया होगा उसकी भरपाई केवल पैसे से कैसे हो सकती है?...? वह केवल पैसा ही तो चुका दिया और रूह का क्या हुआ? आम्रपाली ने अपने भावी जीवन को भूतकाल की खाई पाटने क...
- इतने आदमियों ने फसल उगायी—एक आदमी के लिए रोटी बनाएगी?...? तीन सौ आदमियों के लिए नहीं बनाएगी।ये क्या कह रहा थ मैं? मैं सहयोग की बात कर रहा था। समाज इसी पर टिका...
- इतने आदमी बैठे हुए हैं, उनसे आप क्यों नहीं कहते?...? शील और मर्यादा बनी रहे गुरुजी! आप तो लड़कियों को बुरा मानते हैं और उनको दूर करना चाहते हैं। बेटे, मैं...
- इतने ऋषि, इतने महामानव, इतने अवतार किसने पैदा कर दिए?...? यह है दर्शन जो आदमी को हिला देता है, ढाल देता है, गला देता है, बदल देता है। हमारी दौलत नहीं, दर्शन श...
- इतने गहन चिन्तन में चली गई कि मैंने सब कुछ खाया एक साल में और खिलाया भी, और इन्होंने किस तरीके से एक साल निकाला यहाँ?...? तो बेटी! जब से उनने होश सँभाला होगा, उनका जिह्वा पर इतना कन्ट्रोल है, कि बहुत कन्ट्रोल है, तभी उनकी ...
- इतने छेद किसने कर दिए?...? इतने सुराख इसमें कैसे हो गए? किस तरीके से इन सूराखों से खून बह रहा है। आपने तो एक ही तीर मारा था? ...
- इतने दिन से खून की उल्टी हो रही है और हीमोग्लोबिन नार्मल है?...? मुझे खून की उल्टियाँ बराबर हो रही थीं, सो अगले दिन हम दिल्ली में एम्स अस्पताल में दिखाने गये।
इस बी...
- इतने नौकरी चाहने वालों को आखिर नौकर रखेगा कौन?...? समय रहते हमें सोचना चाहिए कि स्वास्थ्य की तरह ही शिक्षा है, उसमें व्यक्तित्व कौशल निखरता है, उसमें...
- इतने पर भी बिक्री की माँग अत्यन्त धीमी रहने से उसका प्रचार-प्रसार कैसे हो?...? महँगे मूल्य की बढ़िया सजधज वाली पुस्तकें छापी जाएँ, तो उन्हें या तो सरकारी शिक्षा तंत्र के ऊपर अतिरि...
- इतने पर भी यह प्रश्न सामने है कि इस कार्य में जितने कारखाने, जितने वैज्ञानिक लगे हुए हैं, उनका क्या हो?...? फिर शत्रु ने कोई और भी बड़ा आयुध निकाल लिया, तो पिछड़ जाने का जोखिम कौन मोल ले?बन्द करने पर दूसरा पक्ष...
- इतने पर भी यह रहस्य ही बना रहता है कि अकारण अनियमित यह असंगत फिल्म क्यों चलती रही, और उस समय उसके मिथ्या भ्रान्ति होने का आभास क्यों नहीं हुआ?...? स्वप्न रात्रि में ही नहीं देखे जाते। दिवस स्वप्न भी होते हैं और जब वे सिर पर चढ़ते हैं तो यथार्थ के स...
- इतने पर भी यह विवाद बना ही रहता है कि इनमें से कौन-सी लाभदायक सिद्ध हुई, और कौन-सी हानिकारक?...? एक रोगी के लिए जो चिकित्सा उपयोगी हुई, वही दूसरे रोगी के उसी रोग में हानिकारक सिद्ध होती देखी जाती ह...
- इतने पानी से तो मुँह नहीं धुलेगा, तो कितने से धुलेगा?...? महाराज जी! कम-से एक लोटा तो होना ही चाहिए मुँह धोने के लिए और भगवान जी का मुँह इतना छोटा है कि एक चम...
- इतने पृथ्वी के जीव-जन्तु हैं, इनमें से कौन पूजा-प्रार्थना करता है, तो क्या भगवान ध्यान नहीं रखते?...? तब क्या भगवान नाराज हो जाते हैं क्या? जो आदमी जप करेगा, उसी से प्रसन्न होंगे। जो जप नहीं करेगा, उससे...
- इतने बच्चों का क्या होगा, बताना जरा?...? इसे गुणनक्रम के हिसाब से मल्टीप्लाई करके देखिए, तो पता चलेगा कि इनका क्या होना है। एक आदमी के पाँच, ...
- इतने बड़े परिवर्तन एवं प्रयास के लिए अग्रदूत कौन बने?...? अग्रिम पंक्ति में खड़ा कौन हो? आवश्यक क्षमता और सम्पदा कौन जुटाए? निश्चय ही यह नियोजन असाधारण एवं अभ...
- इतने बड़े व्यवधान से निपटना किस बलबूते पर सम्भव हो?...? जिनकी दाढ़ में खून का चस्का लगा है, उन्हें किस प्रकार विरत होने के लिए सहमत किया जा सकेगा?...
- इतने बड़े-बड़े संकल्प उन्होंने जिन्दगी में किए हैं, वह सारे के सारे पूरे हुए हैं, अपने लिए किए होते तब एक-आध कोठी होती, बँगला होता, राजनीति में बने होते तो न जाने क्या बन गए होते?...? मंत्री-वंत्री इतने ही बने होते।...
- इतने भर से बात क्या बनती है?...? समीक्षाएँ, भर्त्सनाएँ आये दिन होती रहती हैं। उन्हें एक कान से सुनकर दूसरे कान से निकाल देते हैं। होन...
- इतने महान प्रयोजन के लिए लोभ और व्यामोह की क्षुद्रता पर थोड़ा अंकुश क्यों नहीं लगा सकती?...? समय की समस्याओं के समाधान हेतु जन शक्ति जुटाने की भागीरथी साधना में हमें स्वयं ही संलग्न होना चाहिए।...
- इतने मात्र के लिए किसी उपासना की क्या आवश्यकता थी?...? गायत्री सूर्य की आत्मा—सविता शक्ति के साथ उपासक को सम्बन्धित करती है जिसके द्वारा वह परब्रह्म महाप्र...
- इतने में खाएगा क्या और उसे कहाँ से खिलाएगा?...? नहीं, महाराज जी! मेरा मन चलता है। तू अपने आप को सँभाल, आवारा मन, गलत मन चौबीस घण्टे बेसिलसिले के विचा...
- इतने रुपये बहुत कैसे होते हैं?...? पहली तारीख को तो सारे घर का खर्च हो जाता है, फिर जाने कहाँ-कहाँ से गुजारा करते हैं।
हमने ज...
- इतने लोग गोलियों के निशाने बन रहे हैं, मेरा बेटा बन गया तो?...? आपको मालूम नहीं है कि वे सुबह से शाम तक बन्द रहे। माँ से कहा—"ताई! माँ को ताई कहते थे। ताई अब तो खोल।...
- इतने लोगों का भोजन किसे कहते हैं?...? इसे तैयार करने में क्या खरच पड़ता है? आपका पहनावा तो हमारे जिम्मे नहीं है, हम आपको साबुन नहीं देते। ...
- इतने लोगों की सेवा करने के लिए, सहायता करने के लिए, ऊँचा उठाने के लिए और युग की समस्याओं का समाधान करने के लिए, नए युग का अवतरण करने के लिए भगीरथ के तरीके से साधना करने के लिए, समाज की दिशाधारा को मोड़ देने के लिए, बहुत सारे संस्थान खड़े करने के लिए, बहुत सारे संस्थानों की व्यवस्था करने के लिए ताकत कहाँ से आती है?...? हम आपको यकीन दिलाते हैं कि यह जो ताकत आती है, वह आध्यात्मिक ताकत है और यह हमारी कमाई हुई नहीं है। कह...
- इतने शक्तिपीठ कहाँ से बन गये?...? ५० लाख मुट्ठियाँ ५० लाख लोगों का एक घण्टे का समयदान कुछ मायने रखता है।हम अपने ब्राह्मण को फिर जिन्...
- इतने शक्तिपीठ कहाँ से बन गये?...? ५० लाख मुट्ठियाँ ५० लाख लोगों का एक घण्टे का समयदान कुछ मायने रखता है।हम अपने ब्राह्मण को फिर जिन्दा...
- इतने सन्त आते हैं तो आप चाय तो पिलाते होंगे?...? हाँ, बेटे। और कौन-कौन आते हैं? बेटे! महात्मा गाँधी आते हैं, रवींद्रनाथ टैगोर आते हैं। दुनिया के सारे...
- इतने सन्त किसे कहते हैं?...? इतने तो बेटे! फौजी भी नहीं हैं। इतनी तो मिलिट्री भी नहीं है, जितनी कि सन्तों की फौज है। जिनको हम सन्...
- इतने समय में क्या सभी काम पूरे हो गये?...? कदापि नहीं। अभी तो भारतीय संस्कृति की जानकारी केवल भारत के लोगों को मिली है, बाकी विदेश के लोगों को ...
- इतने समुन्नत बच्चे कैसे बन गए?...? आज आप सोचते हैं कि पैसों से लड़कों को संस्कारवान् बना लेंगे। यह फिजूल की बातें मत कीजिए। पैसों से के...
- इतने सरल, इतने सीधे-साधे भी हो सकते हैं क्या?...? ’’ उसने उन्हें प्रणाम किया और उनके चरणों में ही बैठ गया। उठाये नहीं उठ रहा था। पूज्यवर ने ही स्नेहपू...
- इतने सस्ते नुस्खे जिसके हाथ लग गये हैं, भला वो त्याग का जीवन जियेगा क्यों?...? कष्टमय जीवन जियेगा क्यों? त्याग करने के लिए तैयार होगा क्यों? संयम और सदाचार का जीवन व्यतीत करने क...
- इतने साधन कहाँ से आएँगे?...? इसकी चिन्ता आप न करें। जिसने करने के लिए कहा है, वही उसके साधन भी जुटायेगा। आप तो सिर्फ एक बात सोचें...
- इतने साधन कहाँ से आएँगे?...? इसकी चिन्ता आप न करें। जिसने करने के लिए कहा है, वही उसके साधन भी जुटायेगा। आप तो सिर्फ एक बात सोचें...
- इतने साधन कहाँ से आएँगे?...? इसकी चिन्ता आप न करें। जिसने करने के लिए कहा है, वही उसके साधन भी जुटायेगा। आप तो सिर्फ एक बात सोचें...
- इतने साधन कहाँ से आएँगे?...? इसकी चिन्ता आप न करें। जिसने करने के लिए कहा है, वही उसके साधन भी जुटायेगा। आप तो सिर्फ एक बात सोच...
- इतने साधन वह कहाँ से कैसे जुटावेगी?...? जुटावेगी तो नये टैक्सों से जनता की कमर ही टूट जायगी। यह कार्य हमें जनता स्तर पर ही करना होगा और उसकी...
- इतने सारे खुदा कैसे हो सकते हैं?...? गाँव-गाँव का खुदा भी कहीं हो सकता है। यह आपने क्या बहम पाल रखा है। बच्चों को ‘जिबह’ (वध करना) नहीं क...
- इतने सुराख इसमें कैसे हो गए?...? किस तरीके से इन सूराखों से खून बह रहा है। आपने तो एक ही तीर मारा था? हाँ, हमने एक ही तीर मारा था। ...
- इतने सृष्टि के जीव-जन्तु हैं, इसमें से कौन पूजा, प्रार्थना करता है?...? तो क्या भगवान ध्यान नहीं रखता? तो क्या भगवान नाराज हो जाता है? क्या जो आदमी जप करेगा उसी से प्रसन्न ...
- इतिहास काल और स्वाधीनता संग्राम में जिन महिलाओं ने यश पाया है, क्या वे शिक्षा के अभाव में वैसा कर सकती थीं?...? हम यह सब पढ़ते और समझते हुए भी नारी शिक्षा से मुँह मोड़ें तो इससे बड़ा दुर्भाग्य क्या हो सकता है?
...
- इतिहास क्या है?...? दुनिया में इनसानों के चाल-चलन क्या रहे हैं? दुनिया में किस तरीके से उतार-चढ़ाव आते रहे हैं? ये बातें ...
- इतिहास, भूगोल, रेखागणित आदि ऐसे ढेरों विषय हैं, जो निजी जीवन में कदाचित् ही कभी कुछ काम आते हों?...? किन्तु प्रचलन यही है कि स्कूलों की कक्षा पास होने का प्रमाण-पत्र प्राप्त कर लेने पर ही किसी को शिक्ष...
- इत्यादि प्रश्नों के उत्तर पर गहराई से विचार करते समय अपने आप समझ जायेंगे कि स्वतन्त्रता के उत्तरदायित्वों को कितना समझ पाये हैं, कितना निभा पायें है?...? कहना न होगा कि स्वतन्त्र देश के कर्तव्यनिष्ठ जिम्मेदार नागरिक की कसौटी पर हम पूरी तरह खरे सिद्ध नहीं...
- इधर जाना है या उधर जाना है?...? जहाँ तक मैं समझती हूँ, आपको उधर नहीं जाना है। आपको इधर ही आना है। इधर का रास्ता साफ है, आप इसी पर चल...
- इन अवतार का नाम क्या होगा?...? —प्रज्ञावतार। प्रज्ञावतार किसे कहते हैं? जिसको निष्कलंक अवतार कहा गया है। कलंक से रहित। कल मैंने आपक...
- इन आरण्यकों में क्या होता था?...? आरण्यकों में तपस्वी जीवन जीना पड़ता था - निग्रहित जीवन, (अनु) अनुशासित जीवन। अनुशासित जीवन अगर आप जीए...
- इन कर्मकाण्डों का इतना बड़ा महत्त्व है?...? बेटे ! कोई महत्त्व नहीं है। इन कर्मकाण्डों का महत्त्व व्यक्तिगत जीवन में और सामूहिक जीवन में सिर्फ ए...
- इन कर्मकाण्डों का इतना बड़ा महत्त्व है?...? बेटे! कोई महत्त्व नहीं है। इन कर्मकाण्डों का महत्त्व व्यक्तिगत जीवन में और सामूहिक जीवन में सिर्फ एक...
- इन खानदान वालों की बात माने कि नहीं माने?...? भीष्म पितामह जी! आप समझदार आदमी मालूम पड़ते हैं। आप ही गवाही दीजिए। अरे आचार्य जी। आप किस झगड़े में ...
- इन गलतफहमियों को जब तक न निकालूँ, तब तक वास्तविकता आपको कैसे बताऊँ?...? आप पर तो यही गलतफहमियाँ हावी हो रही हैं कि मंत्र जपो, धन आएगा, आपको वहाँ बैठे ही मूलधन चाहिए। अगर आप...
- इन चार नामों में क्या है?...? चार शिक्षाएँ हैं, चार आदेश हैं। आपके लिए चार दिशाएँ हैं। आपके लिए चार कर्तव्य हैं। चार वर्ण, चार आश्...
- इन चीजों में चैन कहाँ से आ जाएगा?...? चैन तो बेटे! आदर्शों में रहता है, सिद्धान्तों में रहता है। सिद्धान्त भी हमारे पास नहीं आ सके, आदर्श ...
- इन तीनों के अनुसार यह कौन-सा समय है?...? यह वही समय है जिसका हम आपसे जिक्र कर रहे हैं। इस समय के लिए हमें सुरक्षा के लिए व्यवस्था बनानी होगी।...
- इन तीनों के भीतर प्रकाश चमकना चाहिए; प्रकाश हमारे तीनों शरीरों के भीतर प्रविष्ट होना चाहिए—इसका क्या अर्थ है?...? इसका अर्थ यह है कि प्रकाश जब हमारी नसों में आए, नाड़ियों में आए, शरीर में आए; तो नाभि में होकर आए। ना...
- इन तीनों चीजों को बोने से आपको क्या मिला?...? समय का हमने ठीक उपयोग किया, तो उसे हमने पाँच गुना बढ़ा लिया। अभी तक की हमारी जिन्दगी का लेखा-जोखा लें...
- इन तीनों प्रकार के मनुष्यों में क्या अन्तर है?...? इसकी गहराई में उतरकर जाँच पड़ताल करने पर एक ही निष्कर्ष पर पहुँचना पड़ता है कि साधन, सहयोग, परिस्थिति ...
- इन थोड़े से हरफों का उच्चारण क्या हमको भगवान् को दिला सकता है?...? क्या हमारे जीवन में सुख- शान्ति आ सकती है? क्या हमको प्रगति के मार्ग पर चलने का मौका मिल सकता है? ब...
- इन दिनों में क्या आपने अपने बारे में कभी सोचा कि मनुष्य का जीवन कैसे सार्थक किया जा सकता है, क्या आपने विचार किया?...? पता नहीं, आपने किया कि नहीं किया।
आप जो पाने के लिए आए थे, मालूम नहीं, आप क्या पाने के लिए आए थे? ...
- इन दुराग्रहों से पीछा छुड़ाने में क्या किसी को बड़ा मोर्चा डालना पड़ेगा?...? सिर पर छाई अवाँछनीयता को उतार फेंकना किसी के लिए भी कठिन क्यों होना चाहिए? ‘सादा जीवन—उच्च विचार’ वा...
- इन देवताओं ने कहा?...? कि भगवान्! हम आपके साथ चलेंगे। उन्होंने अपना देवता का स्वरूप छोड़कर रीछ-बन्दर का रूप बना लिया। देवता...
- इन देशों में आने-जाने वालों द्वारा अथवा पत्र-व्यवहार से जो सूचना मिलती हैं, उन्हीं के आधार पर यह पता चलता है कि प्रवासियों की स्थिति क्या है?...? उनकी सही जनसंख्या क्या है? इसका भी प्रामाणिक विवरण प्राप्त नहीं है। यहाँ बैठे हुए उपलब्ध जानकारियों ...
- इन दो कामों के अलावा आपने क्या काम कर लिया?...? चलिये तीसरा एक और काम भी किया होगा आपने। अपने अहंकार की पूर्ति के लिए, ठाठ-बाट बनाने के लिए, लोगों क...
- इन दो कामों के अलावा और आपने क्या काम कर दिया?...? चलिये, तीसरा एक और काम भी किया होगा आपने। अपने अहंकार की पूर्ति के लिये, ठाठ-बाट बनाने के लिये, लोगो...
- इन दो के दायरे में जो बँधा है, वह कौन है?...? वह जानवर है। वह मोटरगाड़ी में सफर करता है, अच्छी बात है, कोई हर्ज की बात नहीं है और मेज़ पर बैठकर का...
- इन दो में से एक (छूनेवाला) बालक पूछेगा ‘‘भैया तू कहाँ है?...? ’’ दूसरा बालक अपना स्थान छोड़कर कहीं से कहेगा ‘‘भैया, मैं यहाँ हूँ।’’ अन्य सभी बालक भी उसे बहकाने के ...
- इन दोनों बातों का बैलेन्स अगर हमने मिलाया होता, तो शंकरजी की पूजा और उपासना के पश्चात् जो प्रेरणा हमको मिलनी चाहिए थी, वो मिल सकती है; पर हम क्या कर सकते हैं?...? हमने तो बेलपत्र ला-लाकर के चढ़ाये और चन्दन से बेलपत्रों को रँगा और उसके ऊपर डाल दिया और सावन के महीने ...
- इन नौ दिनों में आप अपने को कितना खाली कर पाए?...? मालूम नहीं। आपने अपने लिए कितना आत्मचिन्तन किया, पता नहीं। इन दिनों में क्या आपने अपने बारे में कभी ...
- इन परिस्थितियों में आत्मोत्कर्ष और आत्मपरिष्कार कैसे बन पड़े?...? लोभ, मोह और अहंकार के तीन भारी पत्थर जिन्होंने सिर पर लाद रखे हैं, उनके लिये जीवन साधना की लम्बी और ...
- इन परिस्थितियों में प्रत्येक जागरूक का कत्र्तव्य है कि वह पेट प्रजनन के पशु प्रयोजनों में निरत न रहे, वरन् यह सोचे कि क्या युग समस्याओं के समाधान में उसका कुछ योगदान हो सकता है?...? ध्वंस को निरस्त और सृजन को समर्थ बनाने के लिए इस विश्व संकट की घड़ी में अपना विशिष्ट कत्र्तव्य एवं उ...
- इन परिस्थितियों में मेरा मन था कि मैं परिस्थितियों को कहाँ-से-कहाँ ले जाऊँ?...? इसलिए खासतौर से मैं अपना जन्म लेकर के आया कि लोगों के सामने एक सबूत पेश करूँ कि असली अध्यात्म असली ढ...
- इन परिस्थितियों में सन्तान की वृद्धि सौभाग्य एवं ईश्वरीय उपहार माना जाता हो तो आश्चर्य ही क्या?...? सन्तानोत्पादन के सहारे परिवार का बढ़ना प्रसन्नता की बात समझी जाती थी। इसके लिए मनौतियाँ मनाई जाती थ...
- इन परिस्थितियों में हर कोई जलेगा?...? नहीं, इन परिस्थितियों में हम आपको ढेरों आदमी बता देते हैं, जो आप से भी गई-बीती परिस्थितियों में थे, ...
- इन परिस्थितियों में हर सोचने वाले का मन टूटता और सम्बन्ध होता है कि उज्ज्वल भविष्य की संरचना का उद्देश्य किस प्रकार, किस आधार पर पूरा हो सकेगा?...? कठिन समस्याओं के सरल समाधान भूमि में उर्वरता की समुचित मात्रा हो, तो उस पर खेत, उद्यान आदि की विविध ...
- इन पाँच बच्चों का क्या होगा?...? वह मायके जाती है, तो उससे कहा जाता है वापस वहीं जाओ और देवर-जेठ के जूठे बर्तन साफ करो। ये उन स्त्रिय...
- इन पैसे वालों ने क्या कर लिया है?...? नहीं महाराजजी! हमको पैसा दिलवा दीजिए, हम दुनिया की सेवा करेंगे। बेटे! पैसे से सेवा नहीं होती और कभ...
- इन प्रचलनों में सहयोग क्यों देते रहते हैं?...? उन्हें अपनाये हुए क्यों हैं? इन सभी प्रश्नों का उत्तर एक है उनके कारण उत्पन्न होने वाले संकटों के प्...
- इन फिल्मों या क्लबों में क्या रखा है?...? अरे तू अपने बीबी-बच्चों से बात करना शुरू कर, फिर देख कैसा रहेगा सिनेमा? इससे अच्छा गुड्डा क्या आपको ...
- इन बातों का क्या मतलब है?...? न यह पुराण है न सत्संग है। कथा के पीछे उद्देश्य और लक्ष्य होना चाहिए। प्राचीनकाल में समर्थ गुरु रामद...
- इन बूढ़े आदमियों का हम क्या करेंगे?...? इनसे हम क्या उम्मीद कर सकते हैं कि वे स्वयं के लिए क्या काम कर सकते हैं और भगवान् के लिए क्या कर स...
- इन बेकार की बातों से आपको क्या फायदा होगा?...? मुझे तब बहुत नाखुशी होती है, जब आप चमत्कारों की बात कहते हैं और कहते हैं कि हमको गणेश जी दिखाइये, हम...
- इन भगवान् का नाम क्या होगा?...? इन अवतार का नाम क्या होगा?—प्रज्ञावतार। प्रज्ञावतार किसे कहते हैं? जिसको निष्कलंक अवतार कहा गया है। ...
- इन भाई साहब को ऐसा मानने का क्या अधिकार?...?
तीसरे राजकुमार का मत था-वेदान्त को व्यवहार में प्रयोग न किया जाए, साधनाएँ न की जाएँ तो वाचिक ज्ञान ...
- इन मुसीबतों से कैसे बचना चाहिए?...? बचाव का एक ही तरीका है और वह है कि हम अपना दिमागी सन्तुलन कायम रखें। यदि दिमागी सन्तुलन कायम रखेंग...
- इन लड़कियों को क्या समझ रखा है?...? आपसे कहीं ज्यादा हैं? देख लो, अब राजीव गाँधी ने कल की घोषणा में कहा है कि इतने करोड़ नारी जागरण के ल...
- इन लड़कियों से भी कहूँगी कि बेटियो?...? अपनी खुदगर्जी के लिए मत रहना। पति की सेवा भी करो, बच्चों की सेवा भी करो, लेकिन इस मोह-जंजाल में उलझक...
- इन लोगों से हमारा क्या बनने वाला है?...? क्या करेंगे हम इन मुरदा आदमियों का? इनसे हमारा कुछ काम नहीं बनेगा। हमको जीवट वाले आदमियों को तलाश ...
- इन वस्तुओं के द्वारा बृहस्पति को प्रसन्न करने का क्या तरीका है?...? पीपल का पत्ता, केले का पत्ता, केले के पत्ते पर हल्दी, हल्दी के ऊपर आँवला, आँवले के ऊपर सुपारी लेकर क...
- इन शरीरों को कैसे जाग्रत करना चाहिए?...? इसका एक साइंटिफिक तरीका है। मैं आपको इनकी उपासना की विधि और सारी चीजें बता दूँगा। मेरे पास प्रोसीजर ...
- इन शर्तों को स्वीकार करने वाले रसोइये की माँग क्या है?...? यह पूछताछ करने पर नारी की उपयोगिता के एक अत्यन्त तुच्छ अनुदान का मूल्यांकन करना चाहिए जो पाकशाला से ...
- इन सब को कह दिया है कि अखण्ड ज्योति जहाँ भी जाए, दस-दस आदमियों को पढ़ानी चाहिए तो हमारे पोते हैं १० लाख और परपोते?...? अभी ठहर जा बेटे! हमारे कुटुम्बी बहुत हैं। अभी तो ७० साल की उम्र हुई है। अभी तो हमारे बेटे, पोते हो पा...
- इन सब समस्याओं का हल इस बात पर निर्भर है कि लोकमंगल का उद्देश्य आगे रखकर सज्जन प्रकृति के लोग संगठित होते हैं या नहीं?...? यदि उसमें सहकारिता और सेवाप्रवृत्ति जाग पड़े और थोड़ा-थोड़ा समय, श्रम, तथा धन लोक-कल्याण के लिए नियोजित...
- इन सबका खाने का, पीने का, कपड़े का, रोटी का जो खर्चा निकलता है, ये कहाँ से आ जाता है?...? जाने कहाँ से आ जाता है। धन हमारे पास कुछ कम नहीं पड़ता। जरूरत होती है, तो भगवान् की तरफ इशारा कर देते...
- इन सबकी जिम्मेदारी हमारी नहीं होगी, तो किसकी होगी?...? पूर्व की दिशा से जब सूर्य निकलता है, तो उसकी जिम्मेदारी कौन उठाएगा? किरणें ही तो उठाएँगी। किरणों ...
- इन सबकी तुलना में आपको कितना मिला हुआ है?...? आप इन पर खुशी नहीं मना सकते? आप प्रसन्न नहीं हो सकते? आपके चेहरे पर मुस्कुराहट नहीं आ सकती? कि जो हम...
- इन सबकी हम सेवा-सहायता करेंगे और पूरी जिम्मेदारी निभाएँगे; लेकिन आपने इनका दबाव स्वीकार कर लिया तो?...? तो फिर समझ लीजिए कि सिद्धान्तवाद के रास्ते पर आप एक कदम भी आगे नहीं बढ़ सकेंगे। इस मामले में गोस्वामी...
- इन सबको रोककर के क्या करेंगे?...? आप मन को रोकिए। रोकने के बाद में उसको भगवान में लगा दीजिये। यही तो योगाभ्यास है। तपश्चर्या और योगाभ्...
- इन सबसे तुम्हारा ब्याह करा दें?...? बेकार ताकता रहता है। अरे उल्लू! एक औरत तो तुम्हारे समझ में नहीं आ रही है। उसके लिए तू वस्तुएँ मँगा न...
- इन सभी सरंजामों को जुटाने पर ही विचार-क्रान्ति का गतिचक्र आगे बढ़ सकता है, भले ही वह छोटे आकार तथा धीमी गति से चलने वाला ही क्यों न हो?...? युग क्रान्ति के लिए अनिवार्य है कि भ्रान्तियों के हर पक्ष पर प्रहार करने वाले प्रतिपादन प्रस्तुत किय...
- इन सभी सरंजामों को जुटाने पर ही विचार-क्रान्ति का गतिचक्र आगे बढ़ सकता है, भले ही वह छोटे आकार तथा धीमी गति से चलने वाला ही क्यों न हो?...?...
- इन सारी समस्याओं के समाधान हम उस खिलौने के माध्यम के द्वारा तलाश कर सकते हैं, जो शंकर के रूप में बनाया गया है और अपने आपके बारे में, अपनी गतिविधियों के बारे में, रीति-नीति के बारे में यह फैसला कर सकते हैं कि हमको चलना किधर है?...? विचार क्या करना है? ये है शंकर का मॉडल, जिसे हमने अपना इष्ट बनाया है। मित्रो! बाकी देवता...
- इन सारे के सारे कर्तव्यों को अगर हम ठीक तरीके से पूरा न कर सके तो हम धार्मिक कैसे कहला सकेंगे?...? धार्मिकता का अर्थ होता है-कर्तव्यों का पालना।...
- इन सारे के सारे कर्तव्यों को अगर हम ठीक तरीके से पूरा न कर सके तो हम धार्मिक कैसे कहला सकेंगे?...? धार्मिकता का अर्थ होता है—कर्तव्यों का पालन।...
- इन स्थानों में पर्यटन केन्द्रों जैसा आकर्षण तो क्रमशः बढ़ता जाता है, पर चिन्ता की बात यह है कि धर्म धारणा को जीवन्त रखने के लिए तत्वदर्शियों ने जिस महान परम्परा को जन्म दिया था और उसे अपनाने के लिए जन-जन को सहमत किया था, उस लक्ष्य का क्या हुआ?...? यदि उसकी पूर्ति नहीं होती तो इस बढ़े हुए कलेवर को, निष्प्राण विस्तार को ढकोसला ही कहा जायेगा। निरुद्द...
- इन हवा को लेकर कौन आया?...? हवा के सन्देश को लेकर कौन आया? सन्देश लेकर के यहाँ भगवान् बुद्ध आए थे। तो क्या भगवान् बुद्ध ने हिंदु...
- इनकम टैक्स-सेल्सटैक्स जो भी हो, आपके व्यक्तिगत जीवन में कोई कठिनाइयाँ भी हैं क्या?...? आप भूल जाइए उन सब कठिनाइयों को और आप हमारी झोली में भर जाइए। आप उन कठिनाइयों को हमको दे जाइए। आपके ह...
- इनका अस्तित्व यदि है तो कैसा है?...? और उनका मनुष्य के साथ आदान-प्रदान चल पड़ने पर किस पक्ष का क्या हित-अहित हो सकता है? यह विषय भी शोध प्...
- इनका उद्गम या सूत्र संचालन होता कहाँ से है?...? इस सम्बन्ध में अधिक जानने की जिज्ञासा स्वाभाविक है। समाधान न होने पर नई कठिनाई खड़ी होती है कि मनुष्य...
- इनका कहना न मानेगा तब?...? तेरी मिट्टी पलीद हो जाएगी। मीरा के सामने एक ऐसा ही सवाल पैदा हो गया। मीरा के घर वाले न भजन-पूजा करने...
- इनका कहना न मानेगा तब?...? तेरी मिट्टी पलीद हो जाएगी। मीरा के सामने एक ऐसा ही सवाल पैदा हो गया। मीरा के घर वाले न भजन-पूजा करने...
- इनका कहना मानना चाहिए या नहीं मानना चाहिए?...? क्या करें, तुलसीदास जी से सुनें
गोस्वामी तुलसीदास जी ने साफ तो कुछ नहीं लिखा कि क्या करना चा...
- इनका कहना मानना चाहिए या नहीं मानना चाहिए?...? क्या करें तुलसीदास जी से सुनें गोस्वामी तुलसीदास जी ने साफ तो कुछ नहीं लिखा कि क्या करना चाहिए और क्...
- इनका काम भी जीवन में कितना आता है?...? जरा सा काम आता है, उतनी जानकारियाँ एक-दो घण्टे में रोज दे देते थे और पढ़ाई चलती थी। बाकी पढ़ाई उस वक्त...
- इनका क्या नाम है?...? बिच्छू।
हर जगह कंगाली
मित्रो! आज आपके घरों में कौन पैदा हो रहा है? बिच्छू। आदमी ...
- इनका तो खून, मवाद टपकता है, तुम कैसे लेकर चलोगे?...? नहीं माताजी! आप आज्ञा दे दें, तो मैं आपके पति को लेकर के चलूँगा।
जिनके शरीर से मवाद टपक रहा था, ...
- इनका त्याग कम है क्या?...? बेटे! बिलकुल त्याग कम नहीं है। उनका ज्यादा है; लेकिन जब कहीं भी हम कमी पाते हैं, तो निस्संकोच उसको इ...
- इनका नाम क्या है?...? इनका नाम है—हनुमान जी। हनुमान जी ऐसे होते हैं? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। और कितनी विशेषताएँ हमारे अन्दर...
- इनका नाम क्या है?...? बेहूदे। बेहूदे आदमी हर जगह मारे-मारे फिरते हैं, लात खाते फिरते हैं। हर जगह रोते-चिल्लाते फिरते हैं, ...
- इनका नाम क्या है?...? इनका नाम है-हनुमान जी। हनुमान जी ऐसे होते हैं? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। और कितनी विशेषताएँ हमारे अन्दर...
- इनका भविष्य खराब करने के लिए पैसा जमा करता चला जा रहा है, क्या इनको शराबी बनाएगा, ऐयाश बनाएगा?...? दुराचारी बनाएगा? क्या बनाएगा? नहीं, महाराज जी मैं तो पैसा छोड़ करके जाऊँगा, बेटे को देकर के जाऊँगा और...
- इनका भविष्य खराब करने के लिए पैसा जमा करता चला जा रहा है, क्या इनको शराबी बनाएगा, ऐय्याश बनाएगा?...? दुराचारी बनाएगा? क्या बनाएगा? नहीं, महाराज जी मैं तो पैसा छोड़ करके जाऊँगा, बेटे को देकर के जाऊँगा और...
- इनका भविष्य खराब करने के लिए पैसा जमा करता चला जा रहा है; क्या इनको शराबी बनाएगा?...? ऐय्याश बनाएगा? नहीं, महाराज जी! मैं तो पैसा छोड़ करके जाऊँगा, बेटे को देकर जाऊँगा और वह सारी-की जिन्द...
- इनका हम क्या करेंगे?...? तीन महीने का हमने प्रशिक्षण चलाया था। हमने यह सोचा था कि तीन महीने हम इनको प्रशिक्षण दे देंगे, तो सा...
- इनकी आवश्यकता ही क्या है?...? यह अनचाही विसंगतियाँ उपजती क्यों हैं? इनका उद्गम या सूत्र संचालन होता कहाँ से है? इस सम्बन्ध में अधि...
- इनकी रस्सी क्या होगी?...? महामानवों के जीवन-चरित्र श्रीराम, श्रीकृष्ण का जीवन-चरित्र जिसको हम आपको पढ़ाते हैं। बाल्मीकि रामाय...
- इनकी सम्पत्ति हमें मिल जाए तो फिर हम दिखा दें कि लोक क्या होता है?...? परलोक क्या होता है? क्या होता है बनाना और क्या होता है बिगाड़ना? तू बिगाड़ रहा है, अपने बच्चों को बि...
- इनकी सम्पत्ति हमें मिल जाए, तो फिर हम दिखा दें कि लोक क्या होता है?...? परलोक क्या होता है? क्या होता है बनाना और क्या होता है बिगाड़ना? तू बिगाड़ रहा है, अपने बच्चों को बि...
- इनकी सलाहें किस काम की हैं?...? दो कौड़ी की सलाह हैं। क्यों साहब ! अपनी अम्मा की सलाह तो मानूँ? नहीं बेटे! तू अम्मा की मत मानना। नही...
- इनकी सलाहें किस काम की हैं?...? दो कौड़ी की सलाह है।बेटे! श्रेष्ठ चरित्र वाले व्यक्ति और महिलाएँ जहाँ कहीं भी हों, उनका तू कहना मान, ...
- इनके अतिरिक्त माता क्या उन्हें कुछ कम घर-गृहस्थी के कामों में लगाए रहती है?...? यह अभिभावकत्व नहीं है। यह अन्याय है।
सेवा भाव का विकास भी आवश्यक है
जिन बच्चों में आरम्भ से सेवा...
- इनके अन्दर कोई गौरव दिखाई पड़ता है?...? इनके अन्दर कोई जीवन दिखाई पड़ता है? इनके अन्दर कुछ भी दिखाई नहीं पड़ता। श्रेष्ठ कामों का सुख मित्र...
- इनके अन्दर कोई जीवन दिखाई पड़ता है?...? इनके अन्दर कुछ भी दिखाई नहीं पड़ता। श्रेष्ठ कामों का सुख मित्रो! राम के नाम की बात मैं नहीं कहता,...
- इनके अन्दर कोई वर्चस्, आपको दिखाई पड़ता है?...? इनके अन्दर कोई गौरव दिखाई पड़ता है? इनके अन्दर कोई जीवन दिखाई पड़ता है? इनके अन्दर कुछ भी दिखाई नही...
- इनके ऊपर तो इन्कमटैक्स के सात मुकदमे चल रहे हैं, तो ठीक कराइए?...? चंडी जी का पाठ कराइए और मुकदमे जीत करके लाइए। चंडी जी का एकाउण्ट ठीक कराइए। हमारी मनोकामना पूरी कीजि...
- इनके काम-धन्धे का क्या इन्तजाम करना पड़ेगा?...? यह चिन्ता करना बड़ों का काम है। हम बड़े हैं। आपसे उम्र में भी बड़े हैं, विद्या में भी बड़े हैं, ज्ञान मे...
- इनके क्या कहने?...? इन्होंने तो वहाँ गाया था, नाचा था, बड़े गजब का था। ये श्रीकृष्ण भगवान् हैं। देखिए, इनके मुकुट और इनक...
- इनके क्या कहने?...? इन्होंने को वहाँ गाया था, नाचा था, बड़े गजब का था। ये श्रीकृष्ण भगवान हैं। देखिए, इनके मुकुट और इनके...
- इनके द्वारा आप अपने व्यक्तित्व को विकसित कैसे कर सकेंगे?...? फिर क्या करना चाहिए? किफायतसार बनिये। किफायतसार अगर बनते हैं, तो आपको नौ सौ निन्यानवे बुराइयों से ...
- इनके पास इतना फालतू समय होता है कि रोटी के अलावा कौन-सा काम है?...? वह भी आजकल गैस चल गई है।
बेटे! घर-गृहस्थी का कोई ज्यादा काम नहीं है। यदि बचाना चाहें, तो घर-गृहस्थ...
- इनके पास भलमनसाहत की सलाह कहाँ है?...? अरे एक आदमी पकड़कर मेरे पास लाइये, जो आपको भलमनसाहत और शराफत की सलाह देने के लिए तैयार हो। जब बेटे,...
- इनके बच्चों के लिए अनाज आदि की जरूरत पड़ती होगी, वो अनाज कहाँ से आयेगा?...? वही लोग, जिन्होंने अन्ना साहब की लगन को देखा था, अन्ना साहब के घर अनाज आदि चुपचाप पहुँचा देते थे। ...
- इनके माध्यम से हम आपको यह आसानी से समझा सकते हैं कि गायत्री माता क्या हो सकती हैं?...? एक पौराणिक कथा आती है राजा विश्वामित्र की। वे गुरु वसिष्ठ के आश्रम में गए। गुरु वसिष्ठ का आश्रम जंगल...
- इनके यहाँ फूलों की खेती होती है?...? जहाँ कहीं भी शादी होती है, अच्छा काम होता है, वे फूल लेकर के जाते हैं और बिखेर देते हैं और पीछे से प...
- इनके यहाँ फूलों की खेती होती है?...? जहाँ कहीं भी शादी होती है, अच्छा काम होता है, वे फूल लेकर के जाते हैं और बिखेर देते हैं और पीछे से प...
- इनके रहने के लिए मकान का, इनके ब्याह-शादी का क्या इन्तजाम करना पड़ेगा?...? इनके काम-धन्धे का क्या इन्तजाम करना पड़ेगा? यह चिन्ता करना बड़ों का काम है। हम बड़े हैं। आपसे उम्र में ...
- इनके सामने हम क्या कहें कि आप तो अभी दूर कर सकते थे?...? पर हमको टाल रहे हैं सप्ताह भर के लिए। वह एक सप्ताह बाद आया। उन्होंने पूछा—"तेरे बच्चे ने अब गुड़ खान...
- इनको किस काम के लिए पैसा खराब करना चाहिए?...? छह तारीख को आप नहाएँगे, तो बैकुंठ को जाएँगे। हर की पौड़ी के ब्रह्मकुण्ड में नहाकर के आप बैकुंठ को जा...
- इनको खेलने के लिए रेल कहाँ से आएगी?...? हमको तो बस काम-वासना से प्यार है। हम तो चौरासी बच्चे पैदा करेंगे। आज आदमी चांडाल होता हुआ चला जा र...
- इनको खेलने के लिए रेल कहाँ से आएगी?...? हमको तो बस काम-वासना से प्यार है। हम तो चौरासी बच्चे पैदा करेंगे। आज आदमी चांडाल होता हुआ चला जा रहा...
- इनको जानने के बाद में, मैं समझ गया मैं कौन हूँ और मुझे क्या करना चाहिए?...? यह है आत्मबोध, जो मुझे हुआ, वह हम में से हर व्यक्ति को मिल सकता है। हम में से हर एक आदमी को यह प्रया...
- इनको प्यार कौन देगा, इनको बनाएगा कौन?...? अभी तो हमारी इतनी जिम्मेदारियाँ हैं, हम कैसे पीछे हटेंगे? अभी हम पीछे नहीं हटेंगे। आप लोगों को अभी त...
- इनको बुद्ध-विहार कहिये, आप आरण्यक कह लीजिए—नाम और शब्दों से क्या फर्क पड़ता है?...? ऐसे स्थान जहाँ कहीं भी हों, वहाँ आदमी को अपनी आत्मसाधना करनी पड़ती है। तीर्थ वे थोड़े ही हैं कि जहाँ ख...
- इनको सादी वेश-भूषा में देखकर वह बोला कि मैं बड़े-बड़े धनवानों के पास गया, पर किसी ने मेरी सहायता न की, आप क्या कर सकेंगे?...? ईश्वरचन्द्र जी के बहुत विनय करने पर वह बोला-भाई! मेरे बाप-दादों की सम्पत्ति केवल एक घर ही है, वह आज ...
- इनको सिखाते हैं, इनको परिष्कृत करते हैं, इनको डुबकी लगवाते हैं कि आपको क्या करना है?...? वाड्मे आस्येऽस्तु-मुँह को लगाइए। अच्छा साहब! मुँह को लगा लिया। जल को मुँह से लगाने का क्या मतलब है? ...
- इनको स्नान क्या कराना?...? नहीं साहब! हमारे ठाकुर जी तो स्नान करेंगे। बिना नहाये भला ठाकुर जी का काम किस तरीके से चलेगा और नहा...
- इनको हम कैसे शान्ति पहुँचा सकते हैं, कैसे इनको सन्तोष पहुँचा सकते हैं?...? किस तरीके से हम इनके काम में आएँ?
संस्कृति की पुकार सुनें
बेटे! हर समय हमारा यही चिन्तन बना रहता...
- इनको हम क्या कहेंगे?...? देवता कहेंगे। देवता कहना गलत है? देवता कहना सही है। देवता कहने में कोई गलती की बात नहीं है और देवता ...
- इनको हम पैदा करेंगे?...? गुरुजी रानी मक्खी हैं, वे इतनी सन्तान पैदा कर देते हैं कि पूछो ही मत।
भरोसा और विश्वास रखें
वे आ...
- इनको हम भूसा कहाँ से खिलाएँगे?...? इनकी एक ही रेमिडी है कि इन बुड्ढे जानवरों को, चाहे वे गाय हों, चाहे वे बैल हों, दोनों को ही कसाई के ...
- इनको हम भूसा कहाँ से खिलाएँगे?...? इनकी एक ही रेमिडी है कि इन बुड्ढे जानवरों को, चाहे वे गाय हों, चाहे वे बैल हों, दोनों को ही कसाई के ...
- इनको हम स्वर्ग की कहानी कैसे कह देंगे?...? भगवान् से मिलने की बात हम कैसे कह देंगे?मित्रो! हम सड़े हुए मनुष्यों और मरे हुए मनुष्यों की मनोकामना ...
- इनमें तमीज है कि नहीं है?...? शौर्य है कि नहीं है? मुँह फाड़- फाड़ करके ही- ही करेंगी और गलत तरीके से उलटे- सीधे कपड़े पहन कर बैठें...
- इनमें चमत्कार नहीं आएगा?...? शब्दों में शक्ति नहीं होती, पर मंत्र में शक्ति होती है। मंत्र में और शब्दों में क्या फरक होता है? के...
- इनमें तो आपका जीवन खर्च हो गया और किस काम में खर्च हुआ?...? अब कृपा कीजिए। सादा जीवन-उच्च विचार के सिद्धान्तों का परिपालन कीजिए। सादगी, सादगी, सादगी, किफायतसारी...
- इनमें तो सुगन्ध होनी चाहिए थी?...? इनमें तो स्वाद होना चाहिए था? उसने कहा- परन्तु इनमें न तो सुगन्ध है और न स्वाद है, तो मैं किस तरीके...
- इनमें तो स्वाद होना चाहिए था?...? उसने कहा- परन्तु इनमें न तो सुगन्ध है और न स्वाद है, तो मैं किस तरीके से मान लूँ? पत्नी ने कहा कि ज...
- इनमें से किसका चुनाव करेंं?...? यह हमारे ऊपर है।जगी सम्वेदना ने नारी-चेतना को झकझोरामीरा ने जीवन्त मनुष्य होना स्वीकारा और उसकी हर क...
- इनमें से किसे पसन्द किया जाय?...? दर्शन शास्त्र के मतभेद भी ऐसे ही हैं। हिन्दू दर्शनों में योग, सांख्य, न्याय, वेदान्त, वैशेषिक, मीम...
- इनमें से किसे ग्रहण किया जाए और किसे त्यागा जाए?...? अगले दिनों हमें इनमें से किसी एक वर्ग में सम्मिलित होना होगा, बीच में नहीं रहा जा सकता। महाकाल के वि...
- इनमें से कुछ निश्चिन्त कहलाती और नौकरी प्राप्त कर लेने, धनी घर की वधू बन जाने जैसे स्तर प्राप्त कर लेती हैं, पर उन्हें भी समग्र मनुष्य जैसा स्वावलम्बन कहाँ उपलब्ध है?...? शेष तो अशिक्षा, अस्वस्थता से ग्रस्त होने के कारण पूरी तरह परावलम्बी ही बनी हुई हैं। आपत्तिकाल आ धम...
- इनमें से ये खूबसूरत है कि वो खूबसूरत है?...? क्या करें? इन सबसे तुम्हारा ब्याह करा दें? बेकार ताकता रहता है। अरे उल्लू! एक औरत तो तुम्हारे समझ मे...
- इनसान का बेटा है भगवान, कौन-सा वाला?...? जिसकी शक्ल है। शक्ल वाले भगवान सब मनुष्यों के बनाये हुए हैं। भगवान की कोई शक्ल नहीं हो सकती, हवा की ...
- इनसान किसे कहते हैं?...? इनसान उसे कहते हैं जिसके सामने पेट मुख्य नहीं है, औलाद मुख्य नहीं है, उसके सामने सिद्धान्त मुख्य हैं,...
- इनसान किसे कहते हैं?...? इनसान उसे कहते हैं जिसके सामने पेट मुख्य नहीं है, औलाद मुख्य नहीं है, उसके सामने सिद्धान्त मुख्य हैं...
- इनसान की आवश्यकताएँ क्या हैं?...? मुट्ठी भर का पेट। तीन मुट्ठी चावलों की खिचड़ी से हमारा गुजारा हो जाता है। आप से क्या कहेंगे। आप हमारे...
- इनसान की जिन्दगी का परमार्थ किसे कहते हैं?...? जिससे भगवान की इच्छाएँ पूरी हों। भगवान के प्रति आपका ख्याल है कि वह एक छोटी तबियत का है। आप जैसे छोट...
- इनसान के अन्दर क्या है?...? वस्तुतः न हाड़ है, न माँस है, न मिट्टी, न पखाना, जो भी कुछ काम की चीज है वह है विचार।विचारों से ही अब...
- इनसान के लिए?...? इनसान के लिए उसने बड़े काम सौंपे हैं। एक काम यह सौंपा कि जानवर का दिमाग चुप बैठा रहेगा, अगर उसके लिए...
- इनसान को उठाया नहीं जा सका तो बात कैसे बनेगी?...? इसी काम के लिए हम समय लगाना चाहते हैं। सवाल हमारे समय का है, आप तो केवल पूजा के पीछे पड़े हैं। देवी...
- इनसान को उठाया नहीं जा सका तो बात कैसे बनेगी?...? इसी काम के लिए हम समय लगाना चाहते हैं। सवाल हमारे समय का है, आप तो केवल पूजा के पीछे पड़े हैं। देवी-द...
- इनसान को क्या चाहिए?...? पैसा चाहिए, विलासिता चाहिए, नौकरी में तरक्की चाहिए, प्रमोशन चाहिए, लेकिन उन लोगों ने कहा कि हमें त्य...
- इनसान को क्या चाहिए?...? पैसा चाहिए, विलासिता चाहिए, नौकरी में तरक्की चाहिए, प्रमोशन चाहिए, लेकिन उन लोगों ने कहा कि हमें त्य...
- इनसान को मैं क्या कह सकता हूँ?...? इनसान पर पिशाच और राक्षस और न जाने क्या-क्या होता है? बहुतों के भीतर होता है, लेकिन यह मत सोचिए कि ह...
- इनसान पर पिशाच और राक्षस और न जाने क्या-क्या होता है?...? बहुतों के भीतर होता है, लेकिन यह मत सोचिए कि हमारे और आपके भीतर नहीं है। कभी-कभी हमारा पिशाच ऐसा निक...
- इनसान से आगे के दर्जे?...? हाँ, इनसान से आगे और भी दर्जे हैं। कौन-से हैं? जिसको हम देवत्व का दर्जा कहते हैं। इनसान अपनी जिन्दगी...
- इनसे आदमी को क्या कोई तकलीफ होनी सम्भव है?...? नहीं, तकलीफ होनी बिलकुल सम्भव नहीं है। दुनिया में अभाव, कष्ट, दुःख और दर्द भरा हुआ पड़ा है। सद्गुर...
- इनसे आप एक नया दृष्टिकोण नहीं ले सकते हैं?...? अगर वे कपूत हैं, तो आप उनसे दूसरे फायदे उठा सकते हैं। जहर में से भी अमृत निकाला जा सकता है। जो आदम...
- इनसे आपको अन्दाज लगेगा कि कितना धन हमने भगवान के खेत में बोया व कितना गुना यह हो गया?...? सहस्रकुण्डी यज्ञ, जो हमने मथुरा में किया, से लेकर यहाँ के रोजाना खर्च का आप हिसाब लगाएँ, तो पता चलेग...
- इनसे कुछ फायदा उठाना चाहें तो?...? कोई फायदा नहीं उठा सकते, क्योंकि ये मरे हुए हैं।...
- इनसे कोई फायदा हो सकता है?...?...
- इनसे क्यों कम है और आपसे क्यों ज्यादा है?...? आपसे ज्यादा यों है कि नारी हमेशा भावनाशील रही है। यह तो त्याग की देवी है, जितना इसका गुण-गान करें, उ...
- इनसे ज्यादा और कोई मालदार है?...? नहीं, उनसे और अधिक कोई मालदार नहीं हो सकता। मालदारों में फोर्ड का नाम मैंने सुना है, निजाम हैदराबाद ...
- इनसे मिलता क्या है-केवल गँवाना ही गँवाना है पर वासना का गुलाम यह सब देखता कहाँ है?...? पहाड़ भर चाहता है, पर तिल पर भी पा नहीं सकता, केवल जलन, अशान्ति और खीज़ ही पल्ले पड़ती है। इसी प्रकार ...
- इनसे लोहा कौन लेगा?...? संस्कृति की सीता को वापस लाने का काम कठिन मालूम पड़ता है। अब वह कहाँ चली गई? वह तो मध्यकालीन युग था।...
- इनसे लोहा कौन लेगा?...? संस्कृति की सीता को वापस लाने का काम कठिन मालूम पड़ता है। अब वह कहाँ चली गई? वह तो मध्यकालीन युग था। ...
- इनसे हम सीख लें कि गायत्री माता क्या कहना चाहती हैं?...? गायत्री माता का क्या शिक्षण है? गायत्री माता क्या चाहती हैं? गायत्री का हँस कैसा होना चाहिए? ये चा...
- इनसे हमारा काम चलेगा?...? इनसे हमारा काम नहीं चलेगा। जो व्यक्ति हर काम के लिए माला को ही काफी समझते हैं, उनसे हमारा काम नहीं...
- इनाम पाकर उन्हें प्रसन्न होना चाहिए था पर वे रोने लगे और इनाम वापस करने लगे तो अध्यापक ने पूछा गोखले रो क्यों रहे हो?...? गोखले ने एक लड़के की ओर इशारा करते हुए कहा-यह इनाम इन्हें मिलना चाहिए मैंने तो सवाल इनसे नकल किये। अध...
- इन्क्वायरी की गयी कि यह भूत कहाँ से आता है और क्या है?...? बहुत देर तक खोजबीन करने के बाद में मालूम पड़ा कि रेलगाड़ी में जो लाईट लगी हुई थी, उसके शीशे पर बड़...
- इन्डियन कौंसिल ऑफ रिसर्च, इन्डियन इन्स्टीट्यूट ऑफ मेडीकल साइन्स, नेशनल इन्स्टीट्यूट ऑफ न्यूट्रीशन, पोस्ट ग्रेजुएट इन्स्टीट्यूट ऑफ मेडीकल एजूकेशन एण्ड रिसर्च जैसी भारत की शोध संस्थाएँ न केवल देश की आर्थिक परिस्थितियों में अधिक उपयोगी खाद्यान्नों की शिफारिशें कर रही है वरन् यह भी सोच रही है कि उपयोगी स्तर का आहार ग्रहण करने पर भी असंख्यों को क्यों उसका लाभ नहीं मिलता है?...? यह समस्या उन सभी लोगों की है जो आर्थिक दृष्टि से सम्पन्न और बौद्धिक दृष्टि से सुशिक्षित होते हुए शार...
- इन्दौर में एक बार जागरूक महिलाओं ने अश्लील पोस्टरों का प्रतिरोध किया तो पूछा गया कि अशोभनीय पोस्टर किन्हें कहा जाए?...? तो उत्तर था—जिन पोस्टरों को माता-पिता अपने बच्चों के साथ नहीं देख सकते।
यह व्याख्या एक सीमा तक ठीक...
- इन्द्र उनके पास गये और पूछा-महाराज यहाँ आपको कुछ त्रुटि दिखाई दे रही है क्या?...? हाँ देवराज-विद्रूप ने कहा-यहाँ और सब कुछ तो है पर यहाँ कर्म का अभाव है बिना कर्म के मुझे स्वर्ग भी प...
- इन्द्र देवता को और इन्द्र देवता ने कितना पानी दिया?...? बहुत पानी दिया। देने की वृत्ति जिनके अन्दर होती है, वह आदमी सूखा नहीं रहता। देने की वृत्ति मनुष्य...
- इन्द्रियाँ क्या माँगती हैं?...? यह हम सबको मालूम है। एक और आँख भी है जो खुशहाली की बात दिखाती है। शंकर के हर एक भक्त को भी एक तीसरी ...
- इन्द्रियाँ हमसे जाने क्या-क्या करा लेती हैं?...? मन न जाने क्या-क्या करने के लिए कहता रहता है। हम असहाय एवं गुलामों के तरीके से इन्हीं का कहना मानते ...
- इन्सान न हो तब, जानवर हो तब?...? तब क्या कहना है? तब तो खाएगा और सोएगा। खाने और सोने के अलावा और कुछ कर नहीं पाएगा। अगर उसको खाने और ...
- इन्सान, इन्सान नहीं रहा होता, देवता हो गया होता और जमीन का वातावरण स्वर्ग जैसा हो गया होता; पर विचारशीलता कहाँ है, समझदारी कहाँ है?...? हमको समझदारी आदमी के अन्दर बढ़ानी चाहिए। अगर समझदारी बढ़ेगी, तो आदमी के अन्दर ईमानदारी बढ़ेगी। ईमानदारी...
- इन्हीं के लिए उन तीन प्रश्नों का उत्तर सही रूप दे सकना सम्भव होता है कि जीवन किसलिए मिला है?...? उसके साथ किन कर्तव्य-उत्तरदायित्वों का अनुबन्ध जुड़ा? और सृष्टा के दरबार में पहुँचने पर, गर्दन ऊँची ...
- इन्हीं परिस्थितियों में रहते, अगले दिनों क्या कुछ बन पड़ेगा?...? इस चिन्ता से हर विचारशील का किंकर्तव्यविमूढ़ होना स्वाभाविक है। सूझ नहीं पड़ता कि भविष्य में क्या घट...
- इन्हीं में तो आपका जीवन खर्च हो गया और किस काम में खर्च हुआ?...? आप कृपा कीजिये, आत्मा को भी मान्यता दीजिये। शरीर ही सब कुछ नहीं है, शरीर की आकांक्षाएँ ही सब कुछ नही...
- इन्हीं वर्ग समुदायों में से किसी में रहना जिन्हें भाया, सुहाया हो उनसे कोई क्या कहे?...? किन्तु जिन्हें कुछ आगे की बात सोचनी आती है, उनसे तो कहने सुनने जैसी ढेरों बातें हैं। उनमें से कुछ तो...
- इन्हें आपने सीख लिया न?...? मित्रो! अब तक आपने किया तो सही, पर छोटे दायरे में किया है। अब अपना दायरा बढ़ा दीजिए न। आपने कुटुम्ब क...
- इन्हें कठिनाई यह दीखती है कि समर्थ सेनानायक का सीधा सम्पर्क रहने पर जो प्रयास सफलतापूर्वक चल रहे थे, वे आगे किस प्रकार चल पाएँगे?...? साधन कैसे जुटेंगे? प्रोत्साहन और सहयोग कहाँ से मिलेगा? ऐसे सभी लोगों तक सन्देश पहुँचा दिया गया है कि...
- इन्हें कहते हैं जरूरतमन्द और तीसरी?...? तीसरी एक और चीज है; जिसका नाम है—तृष्णा। तृष्णाओं को भी हम जानते हैं; पर सबको हम समान महत्त्व नहीं द...
- इन्हें कैसे मनाया जाय?...? इसका शान्तिकुञ्ज का अपना निर्धारण है। सम्पर्क में आने वाले देख लें और सुधार के लिए सुझाव दें।पिछले...
- इन्हें कौन पैदा करता है?...? वातावरण पैदा करता है। अनुकूल वातावरण बनाने के लिए, जिसमें कि हम नए युग के अनुरूप परिस्थितियाँ पैदा क...
- इन्हें खुजाने का ऐसा मन करता है कि न जाने इसमें से क्या चीज खाना चाहिए?...? पकौड़ी वाले की दुकान पर जाते हैं, तो हमारा मन ऐसा कहता है कि पकौड़ी खानी चाहिए और बहुत मात्रा में ...
- इन्हें घरवाली बनाएँगे न?...? रंग-रूप को तलाश करेंगे न? आखिर आपको क्या हो गया है? मैं यह पूछता हूँ कि आपको क्या हुआ?
मित्रो! प...
- इन्हें छोड़कर हम कहाँ रहेंगे?...? कैसे रहेंगे? कुछ भी तो सूझ नहीं पड़ता। आँखें बरसती हैं और सिरहाने रखे वस्त्र गीले होते रहते हैं।
*...
- इन्हें जीवित कर सकोगे?...? ’’‘‘कैसे?’’‘‘भाव-श्रद्धा को जगाकर।’’‘‘पर जब समस्याएँ बुद्धि की हैं, तो समाधान भी बुद्धि के होने चाहि...
- इन्हें सुनने में हम अपना टाइम क्यों खराब करेंगे?...? धक्के क्यों खाएँगे? इसलिए यह भी एक प्रश्न आपको हल करना पड़ेगा कि जिन बेचारों ने अपना आयोजन करके रखा...
- इन्होंने तपश्चर्या करके कितने वरदान पाए थे और वे क्या से क्या बने और क्या से क्या करके वे मिट गए, मिट गए?...? हाँ, मिटने में भी देर नहीं लगेगी। क्यों नहीं लगेगी?
जो कुछ किया है, वह नम्र बनने के लिए नहीं किया...
- इन्होंने फिजाँ बिगाड़ी है?...? नहीं इनसे ज्यादा उन धार्मिकों ने, पण्डितों ने, बाबाजियों ने बिगाड़ी है जो उपदेश तो धर्म का देते हैं प...
- इन्होंने ये पढ़ा कहाँ से?...? इंजीनियरिंग कैसे सीख ली? भीतर की कशिश और भीतर की लगन, आदमी की योग्यता बढ़ाने में इतने ज्यादा सहायक हो...
- इम्तहान के दिनों में किसको हैरानी नहीं होती?...? रही इम्तहान में पास होने की बात, तो सभी सुख से रहते हैं। बच्चे को जन्म देते समय कौन-सी माता को हैरान...
- इम्तहान में पास तो बच्चे ही होते हैं, पढ़ना तो उन्हीं को पड़ता है, स्कूल तो वही जाया करते हैं, पर क्या आप समझते हैं कि बच्चे जब स्कूल जाते हैं तो अपने ही बलबूते पर पास हो जाते हैं?...? माता उनके खाने-पीने का प्रबन्ध करती है, पिता उनकी फीस का इंतजाम करते हैं, मास्टर उनको पढ़ने में सहायता...
- इम्तहान में पास तो बच्चे ही होते हैं; पढ़ना तो उन्हीं को पड़ता है; स्कूल तो वही जाते हैं; पर आप समझते हैं कि बच्चे स्कूल जाते हैं, तो क्या, अपने ही बलबूते पर पास हो जाते हैं?...? माता उनके खाने का इंतजाम करती है; पिता उनकी फीस का इंतजाम करता है; मास्टर उनको पढ़ाने में सहायता करता...
- इम्तहान रोज रोज कहाँ होते हैं?...? भक्तों के भी इम्तहान हमेशा नहीं होते बहुत दिनों बाद होते हैं। जिसमें आपको बुलाया गया है, उसमें नवरात...
- इम्तहान रोज-रोज कहाँ होते हैं?...? भक्तों के भी इम्तहान हमेशा नहीं होते, बहुत दिनों बाद होते हैं। जिसमें आपको बुलाया गया है, उसमें नवरा...
- इम्तहान लेने वाले कौन हैं?...? वह लोग, जो बैठे हुए हैं, वे आपके परीक्षक और निरीक्षक हैं। आप कौन हैं? आप एक विद्यार्थी हैं। अगर ...
- इलाज की सामग्री ढूँढ़ी जानी चाहिए, रिसर्च की जानी चाहिए कि दवाइयों के द्वारा बीमारियों से छुटकारा कैसे पाया जाए?...? आदमी की सेहत को कैसे अच्छा बनाया जाए? लेकिन आपको ये भुलाना नहीं चाहिए कि अन्तरंग जीवन अगर सुव्यवस्थि...
- इष्ट किसे कहते हैं?...? आपका कौन-सा इष्ट है? साहब! हमारे इष्ट हैं—हनुमान और आपका इष्ट क्या है? देवी। आपका इष्ट क्या है? रामच...
- इष्ट के माध्यम से आप अपने जीवन का यह लक्ष्य निर्धारित करते हैं कि हमको कहाँ पहुँचना है और हमको क्या बनना है?...? लक्ष्य उस स्थल को कहते हैं, जहाँ पहुँचना है। ‘इष्टमिदं वासुदेवः’- वासुदेव से मतलब यह है कि हमको ...
- इष्ट माने—लक्ष्य, हमारा लक्ष्य क्या है?...? लक्ष्य का मतलब है—इष्ट। इष्ट आपने कोई तय कर लिया अर्थात् आपका शिव इष्ट है, इसका मतलब हो गया—कल्याण आ...
- इष्ट या लक्ष्य उसको कहते हैं कि हमको बनना क्या है?...? हमें क्या बनना चाहिए? इसके लिए हमने कई तरह के ठप्पे-साँचे बना करके रखे थे कि हमको यह बनना है। दयालबा...
- इष्टदेव का आप ध्यान करेंगे तो क्या हो जाएगा?...? इष्ट माने लक्ष्य, इष्ट माने देवता। देवता पहला प्रतीक माना गया है। देवता किसी शक्ति के प्रतीक हैं, जै...
- इस अकल का किस प्रकार से इस्तेमाल किया जाय?...? इसे कहाँ और कैसे फिट किया जाय? अकल का फायदा कैसे उठाना चाहिए और अकल को किस रास्ते पर चलना चाहिए?...
- इस अकल को हमने कहाँ खर्च कर दी?...? हमारी सारी की सारी अकल किसी एक सीमा में खर्च हो गयी। आप हिसाब लगाकर देख लीजिए। हमारी सारी अकल शर...
- इस अनियमितता का प्रभाव उसके भावी जीवन पर क्या पड़ेगा?...? क्या उसके जीवन को नष्ट करने का दोष माता-पिता का नहीं? संध्या जैसे लाखों लड़के-लड़कियों की यही दशा रह...
- इस अन्तर को दूर रखने के लिये जो किया जाना चाहिए वह किया जा रहा है या नहीं?...? यदि नहीं तो क्यों?यह प्रश्न ऐसे है जिन्हें अपने आप से गम्भीरता पूर्वक पूछा जाना चाहिए और जहाँ सुधार ...
- इस अभाव की पूर्ति के लिए अपना यह सत्प्रयत्न क्या महत्त्वपूर्ण नहीं है?...? आज यह प्रयास इतने विस्तृत देश को देखते हुए छोटा भले ही प्रतीत होता हो, पर कल उसके परिणाम दूरगामी हों...
- इस अमृत-तत्त्व पर नारी प्रवचन तो नहीं करती, पर पितृ-कुल और पति-कुल के सदस्यों के साथ भाव-भरे अनुदान प्रस्तुत करते हुए बताती है कि प्रेम क्या है, किस प्रकार किया जाता है, और उसके कितने मधुर फल इसी जीवन में चखे जा सकते हैं?...?...
- इस अवतार में क्या फर्क था?...? इसमें फर्क था—पूर्ण-पुरुष का। पूर्ण-पुरुष कैसे हो सकता है? पूर्ण-पुरुष ऐसे हो सकता है कि वह मर्यादाओ...
- इस असमंजस का समाधान प्राप्त करने के लिए दर्द पीड़ित रोगी के लिए डॉक्टर द्वारा की गई आपरेशन व्यवस्था के साथ संगति बिठाते हुए यह सोचना पड़ेगा कि यह क्या हो रहा है?...? क्यों हो रहा है? लम्बे अन्धकार युग में कचरा बहुत जमा हो गया है। हर क्षेत्र में गन्दगी चरम सीमा पर प...
- इस आँख मिचौनी में धूप-छाँव में किसे पता चल रहा है कि क्या हो रहा है?...? कौन जीता और हार कौन रहा है? इतने पर भी जो अदृश्य को देख सकते हैं, वे सुनिश्चित आधारों के सहारे विश्व...
- इस आग पर पानी कौन डालेगा?...? यदि पड़ोस में आग लगेगी, तो प्रभावित आप भी होंगे। ऐसा कभी नहीं हो सकता, आग लग रही हो और प्रभावित न हो...
- इस आग पर पानी कौन डालेगा?...? यदि पड़ौस में आग लगेगी तो प्रभावित आप भी होंगे। ऐसा कभी नहीं हो सकता आग लग रही हो और प्रभावित न हों,...
- इस आन्तरिक विकास के बिना, अपूर्णता से संघर्ष करते हुए पूर्णता का लक्ष्य कैसे पूरा हो?...? उलझनों को सुलझाने के बहाने मनुष्य अपने बुद्धि-कौशल को बढ़ाने, संसार की वस्तुस्थिति को समझने, धैर्य और...
- इस आरम्भिक शर्त से उन दिनों सभी परिचित थे, अस्तु, उसकी चर्चा विस्तार पूर्वक करने की आवश्यकता नहीं समझी गई और आदि तथा अन्त बताते हुए यह अनुमान लगा लिया गया कि मध्यवर्ती प्रक्रिया तो सर्वविदित है, उसे तो लोग सामान्य बुद्धि से ही समझ रहे होंगे, फिर किसी को पीसने से क्या लाभ?...? बन्दूक का घोड़ा दबाने और लक्ष्य वेधने का आदेश ही कप्तान देते हैं। वे जानते हैं कि इस प्रयोजन के लिये ...
- इस आवाज में संस्कृत के श्लोकों का उच्चारण हुआ है कि नहीं हुआ?...? सही श्लोक बोले गये या गलत बोले गये? इसके कहने की शैली बोलने का तरीका कैसा था? यह कौन सुनता है? कान...
- इस इतिहास की शृंखला को समझना ही पड़ेगा भले ही वह कितना ही कष्टकर, अप्रिय एवं अरुचिकर क्यों न हो?...? मवाद को निकालने के लिए जहाँ नश्तर लगाने की आवश्यकता है वहाँ घाव भरने के लिए तत्काल मरहम पट्टी की व्य...
- इस इमारत में कितना पैसा लग जायेगा?...? साहब! इतना पैसा लग जायेगा। समर्पण का नाम है योग मित्रो! हमने हजार कुण्डीय एक यज्ञ किया था, ज...
- इस उपासना में चमत्कार हो सकते हैं?...? मेरी दृष्टि से तो नहीं हो सकते हैं। उपासना के लिए जीवन का क्रम बदलना होगा। दृष्टिकोण बदलना होगा, चिं...
- इस उपासना से इस अनुष्ठान से आपको क्या-क्या उपलब्धियाँ मिलीं?...? यदि आपने गहराई से विचार किया होगा व आत्ममन्थन किया होगा, तो आपकी झोली में अनेकों उपलब्धियों के रूप मे...
- इस ऊँचे टीले पर खड़ा होकर आदमी संसार का सच्चा स्वरूप देख सकता है और यह जान सकता है कि किस स्थिति में, किससे क्या बर्ताव करना चाहिए?...? उसे सद्गुणों का पुञ्ज, उचित क्रिया, कुशलता और सदाचार सीखने नहीं पड़ते, वरन् केवल यही चीजें उसके पास ...
- इस एक आदमी की कीमत?...? उसकी कीमत ढाई सौ रुपया हो सकती है, पाँच सौ रुपया हो सकती है, छह सौ रुपया हो सकती है। इतने आदमियों ने...
- इस एक पक्ष की बढ़ोत्तरी ने अधिकांश लोगों का बड़ी मात्रा
में दोहन किस प्रकार किया है, इसे देखते हुए विवेकवानों को उस असमंजस में डूबना
पड़ता है कि दृष्टिगोचर होने वाली प्रगति क्या वास्तविक प्रगति है?...? इसके पीछे अधिकांश
को पीड़ित शोषित, अभावग्रस्त रखने वाला कुचक्र तो काम नहीं कर रहा है। .......भौति...
- इस एक पक्ष की बढ़ोत्तरी ने अधिकांश लोगों का बड़ी मात्रा में दोहन किस प्रकार किया है, इसे देखते हुए विवेकवानों को उस असमंजस में डूबना पड़ता है कि दृष्टिगोचर होने वाली प्रगति क्या वास्तविक प्रगति है?...? इसके पीछे अधिकांश को पीड़ित शोषित, अभावग्रस्त रखने वाला कुचक्र तो काम नहीं कर रहा है।नीतिरहित भौतिकव...
- इस किताब में किन लोगों के नाम लिखे हुए हैं?...? फरिश्ते ने कहा कि इस किताब में उन लोगों के नाम लिखे हुए हैं, जिनकी पूजा खुदाबन्द करीम करता है। जिनकी ...
- इस खुजली का सम्बन्ध किससे है?...? शरीर से नहीं है। अहं से है, मैं जो हूँ, उससे है। मैं की बात हम सोचते रहते हैं। हमारा मैं उस शरीर में...
- इस खेत के मालिक की आँख से तो बच सकते हैं, लेकिन जो हजार आँख वाला है, ‘सहस्रशीर्षा’— जिसकी हजार आँखें हैं, जिसके हजार कान हैं, जिसकी हजार निगाहें हैं, जिसके हजार हाथ हैं, उससे हम कैसे बच सकते हैं?...? चोर चुप हो गया। उसने कहा कि यह ईश्वर का विश्वासी है।
एक नहीं है ईश्वरविश्वासी और ईश्वरभक्त
मित...
- इस गन्दी हवा में आप भी बहेंगे क्या?...? आप मत बहिए और न चमत्कार देखिए।
सही मार्ग पर चलना सबसे बड़ा चमत्कार
मित्रो! आदमी के अ...
- इस गाँव के लिए और यहाँ के लिए मैं कुछ करना चाहता हूँ?...? लोगों ने कहा—क्या करना चाहते हैं? उन्होंने कहा—मैं नौकरी से इस्तीफा दूँगा और आपके गाँव में रहना चाहू...
- इस गाने के बारे में आपको मालूम है, किसका है?...? बोले हमें क्या मालूम किसका है? होगा किसी का, हमें क्या मतलब? हम तो हर गाने को अध्यात्म से जोड़ते हैं...
- इस गायत्री मंत्र को कहाँ रखना चाहिए?...? सारे के सारे महत्त्वपूर्ण अंश, अंग जो हमारे पास हैं, उन सबको गायत्री मंत्र में लपेट दिया है। कन्धों प...
- इस चबूतरे पर किसकी मूर्ति रख लूँ?...? बेटे! तुझे क्या बताऊँ, किसी की रख ले; भले से लोहे की रख ले। महाराज जी! मैं तो रात को सोऊँगा, तो यह म...
- इस चबूतरे पर किसकी मूर्ति रख लूँ?...? बेटे! तुझे क्या बताऊँ, किसी की रख ले; भले से लोहे की रख ले। महाराज जी! मैं तो रात को सोऊँगा, तो यह म...
- इस चमड़ी में है क्या?...? असल में इस चमड़े का जो अध्यात्म है, स्थूलशरीर का जो अध्यात्म है, उसका नाम है—कर्म। आप कुरूप हैं या ख...
- इस चमड़ी में है क्या?...? असल में इस चमड़े का जो अध्यात्म है, स्थूलशरीर का जो अध्यात्म है, उसका नाम है—कर्म। आप कुरूप हैं या खू...
- इस चीज का क्या नाम है?...? इस चीज का नाम है—धार्मिकता, कर्तव्यपरायणता। हम लोग धार्मिकता का विस्तार करने के लिए चले हैं। हम ...
- इस चौथे बच्चे को आप जिन्दा रखेंगे या मारकर फेंक देंगे?...? नहीं साहब! उसको भी जिन्दा रखेंगे। हम जो खायेंगे, वह उसे भी खिला देंगे, कपड़ा पहना देंगे, ब्याह-शादी...
- इस जगत् का प्रधान कारण ‘ब्रह्म’ कौन है?...? हम सभी किससे उत्पन्न हुए हैं, किससे जी रहे हैं तथा किसमें प्रतिष्ठित हैं? साथ ही किसके अधीन रहकर हम ...
- इस जमाने के लिहाज से उपासना किस तरीके से की जानी चाहिए?...? यह मैं अपने जीवन में प्रयोग करने में लगा हुआ हूँ। पुरानी पद्धतियों में उधेड़बुन करके जाऊँगा। प्राणमय...
- इस जमाने में मँहगाई का क्या हाल है, जानते हैं न?...? नहीं साहब! जो मिलेगा, वही करेंगे; पर नौकरी करेंगे। बेटे, क्यों नौकरी करना चाहता है? इसलिए नौकरी ...
- इस जानकारी में कोई विवाद जैसी बात नहीं है, तो भी दृष्टव्य यह है कि क्या चिन्तन क्षेत्र की कल्पना, बुद्धिमत्ता, दूरदर्शिता, नीतिमत्ता, मान्यता, आकांक्षा एवं प्रकृति जैसी विशेषताओं को भी आहार का स्तर कुछ प्रभावित करता है क्या?...? स्तर से तात्पर्य है मानवी गरिमा से सम्बन्धित उत्थान और पतन। निकृष्टता एवं उत्कृष्टता को उत्तेजन देने...
- इस जिन्दगी को किस तरीके से खर्च किया जाय?...? यह जानना-समझना जरूरी है। हम बेवकूफ राजाओं के तरीके से, जिन्होंने पूरे के पूरे पाँच साल अपनी छोटी...
- इस जिन्दगी से हम जाने क्या-क्या कर सकते हैं?...? मित्रो! इनसानी जिन्दगी को गिराने वाले जिस दिन चौंक पड़े और उन्होंने इसे ठीक तरह से इस्तेमाल करना शुरू...
- इस जिन्दगी से हम जाने क्या-क्या कर सकते हैं?...? मित्रो। इनसानी जिन्दगी को गिराने वाले जिस दिन चौंक पड़े और उन्होंने इसे ठीक तरह से इस्तेमाल करना शुरू...
- इस जिन्दगी से आपको क्या करना था?...? जिन्दगी से आपको यह काम करना चाहिए था कि अपूर्णता को पूर्णता में परिवर्तित करना। क्या किया जिन्दगी ...
- इस जीभ का कहना लोग मान लेंगे?...? नहीं, कोई भी मानने वाला नहीं है। इसलिए आपको एक ही काम करना पड़ेगा कि आपको अपना व्यक्तित्व, अपना स्वभ...
- इस जीवन में हमें शान्ति नहीं तो मरने के बाद हमें शान्ति कहाँ मिल सकती है?...? अतः हम आज अध्यात्म की वह फिलॉसफी बतलाएँगे, जो हमारे ऋषियों-मुनियों की है। ऋषियों की साधना महान् थी। ...
- इस झोपड़ी में जगह नहीं मिलेगी क्या?...? फकीर ने दरवाजा खोला और कहा कि इसमें सोने के लिए एक आदमी की जगह थी, परन्तु दो आदमी बैठ सकते हैं। आओ, ...
- इस तरह अन्धकार के युग में न जाने क्या−क्या होता रहा?...? चालाक बाबाजी अपने-अपने नाम के मजहब, पंथ बनाते चले गए। इस प्रकार लोग भ्रमित होते चले गए और इस प्रकार ...
- इस तरह अन्धकार के युग में न जाने क्या-क्या होता रहा?...? चालाक बाबाजी अपने-अपने नाम के मजहब, पंथ बनाते चले गये। इस प्रकार लोग भ्रमित होते चले गये और इस प्रका...
- इस तरह अपना दायरा चौड़ा कर लें तब?...? तब आपकी खुशी का ठिकाना नहीं रहेगा। अभी तो आपने थोड़े से लोगों को, थोड़ी भी वस्तुओं को अपना माना है।...
- इस तरह आप पाँच हुए तो औसत आमदनी क्या होनी चाहिए?...? आपकी आमदनी दस हजार रुपया महीना होनी चाहिए। फिर आपकी दो हजार की औसत आमदनी फेल हो सकती है। इतने बड़े ...
- इस तरह इसकी हिम्मत कैसे हो गई?...? अगस्त्य ने कहा—बेटी! तेरी मदद हम करेंगे। कहते हैं कि उन्होंने चुल्लू से ले करके पानी पिया और समुद्र ...
- इस तरह उन्हें रात्रि के तीन पहर वहाँ बीत गए?...?
ये सभी उनके लौटने की प्रतीक्षा में खड़े थे। समय हो गया। युधिष्ठिर लौटने लगे तो ये सभी प्रकट होकर साम...
- इस तरह एक बालक भविष्य की कल्पना करता रहता है और उसी के बारे में सोचता रहता है और जवान आदमी?...? जवान आदमी केवल वर्तमान की बात सोचते हैं, आज की बात सोचते हैं। आज हमारी क्या परिस्थितियाँ हैं? आज हम ...
- इस तरह का कुटुँब बसाएँगे क्या?...? मित्रो! आप इस तरह का परिवार-कुटुँब मत बसाइए। आप प्यार-मोहब्बत का परिवार, स्नेह, सहयोग का कुटुँब बसाइ...
- इस तरह काम कैसे चलेगा?...? चुप रह मक्कार कहीं का, बड़ा आया भक्त बनने। ख्वाब मत देखिए, वास्तविकता के पास आइए और अपने सोचने एवं क...
- इस तरह के प्यार करने वालों के कुछ नाम बताइये?...? भाई साहब! मैं नाम तो नहीं बता सकता, पर आप उससे पूछ सकते हैं-भेड़िये से। कौन से भेड़िये से? जो खरगो...
- इस तरह के लोग आयेंगे तो ठीक है, नहीं तो अपनी नानी को, दादी को, मौसी को, पड़ोसन को लेकर के यहाँ कबाड़खाना इकट्ठा कर देंगे तो यह विश्वविद्यालय नहीं रहेगा?...? फिर तो यह धर्मशाला हो जाएगी। साक्षात् नरक हो जाएगा। इसे नरक मत बनाइए आप। जो लायक हों वे यहाँ की ट्रे...
- इस तरह के वाहियात खेल जो जुआरी के तरीके से, जो केवल मनोरंजन के लिए किए जाते हैं, उनसे क्या फायदा?...? इसी तरीके से जो आजकल रेडियो और ट्रांजिस्टर इतने सस्ते और सुलभ हो गये हैं, ये बच्चों को बहुत आकर्षित ...
- इस तरह कोई मालदार हो सकता है क्या?...? हाँ बेटे! मालदार हो जाता है। किससे मालदार हो जाता है? कल्पवृक्ष के नीचे बैठकर के।...
- इस तरह क्या उन्होंने लाखों रुपयों की आमदनी की थी?...? करोड़ों की जायदाद खरीदकर रख गए थे? तो फिर कुंती का बेटा, देवता का बेटा कौन होता है? क्या वह जिसके पास...
- इस तरह क्या हम भगवान के बताए रास्ते पर चल सकेंगे?...? हम अगर भगवान के बताए रास्ते पर नहीं चल सकेंगे, तो हम गुमराह होते जाएँगे। गुमराह होते ही हम पलायनवादि...
- इस तरह जो आदमी शिखा के बारे में जानना चाहता हो, उसे उसकी सारी की सारी फिलॉसफी के बारे में समझाना चाहिए कि शिखा क्या होती है?...? गायत्री क्या है और गायत्री की मूर्ति क्या है? इस तरह आपका बच्चा गम्भीर हो जाएगा और तब जनेऊ को समझने, ...
- इस तरह दूसरों को कष्ट देने तथा स्वयं लाभ उठाने को क्या कहा जाए?...? स्वयं कीर्तन करने का मन है तो अपने घर में पूजा के उपयुक्त मंद स्वर में प्रसन्नतापूर्वक करें, पर लाउड...
- इस तरह दूसरों को कष्ट देने तथा स्वयं लाभ उठाने को क्या कहा जाये?...? स्वयं कीर्तन करने का मन है तो अपने घर में पूजा के उपयुक्त मन्द स्वर में प्रसन्नतापूर्वक करें। पर लाउ...
- इस तरह फिर आप देखिए कि सन्त बनते हैं कि नहीं बनते?...? फिर देखिए कि आप ऋषि बनते हैं कि नहीं बनते? फिर देखिए कि आपको भगवान का अनुग्रह प्राप्त होता है कि नही...
- इस तरह फिर आप देखिए कि सन्त बनते हैं कि नहीं बनते?...? फिर देखिए कि आप ऋषि बनते हैं कि नहीं बनते? फिर देखिए कि आपको भगवान का अनुग्रह प्राप्त होता है कि नही...
- इस तरह बलिदान में घुमा फिराकर वही माँस शब्द आ जाता है, इसलिए यज्ञ में से बलिदान शब्द हमने काट दिया, लेकिन यज्ञीय परम्परा की रक्षा करना भी जरूरी है, इसलिए हमने उसका नाम क्या रख दिया है?...? अब वह हमारे यज्ञों में 'देवदक्षिणा' के नाम से एक बहुत ही महत्त्वपूर्ण अंग के रूप में विद्यमान है। इस...
- इस तरह वह रोज एक साथ उँगलियाँ कट-काटकर उसकी माला देवी को पहनाया करता था?...? कौन? खूँख्वार अंगुलिमाल डाकू, लेकिन जब उसने पलटा खाया, तो कैसा जबरदस्त पलटा खाया, आपको मालूम है न?...
- इस तरह शहद कहाँ से आता है?...? मक्खी के भीतर से आता है। नहीं साहब, बाहर से आता है फूलों में से। नहीं, फूलों में से नहीं आता है मात्...
- इस तरह शहद खाने से क्या हुआ?...? आधा शहद प्याले में गया, आधा खा चुका और आधा शहद जमीन पर फैल गया। इसके बाद कलिंग राजा चला गया।कलिंग ...
- इस तरह से जनता का समाधान क्या होगा, कैसे होगा?...? जनता का समाधान नहीं होगा तो वह इन्हें मार डालेगी। जनता जीने नहीं देगी आपको और आपको सुनना, करना बन्द क...
- इस तरह हम कैसे देख सकते हैं?...? गायत्री माता अपना रूप लेकर के हँस पर बैठ करके आयें, तो क्या हम उन्हें गन्दी आँखों से देखेंगे? नहीं, ह...
- इस तरह ‘‘धियो यो नः प्रचोदयात्’’ का अर्थ हो गया?...? यही कि आप हमारी कतई रक्षा न करना। आप हमें अपने बलबूते पर चलने देना। अपने पुरुषार्थ से हमको सँभलने ...
- इस तरीके से क्या होता जाएगा कि जिस आदमी के अन्दर देश-भक्ति और नागरिक कर्तव्यों का उदय नहीं हुआ और उसे इस बात की जिम्मेदारी एवं जानकारी भी नहीं है कि वोट के नाम पर राष्ट्र की हुकूमत हमारे हाथ में सौंप दी गयी है, वह अपनी जिम्मेदारियों को कैसे निभा सकता है?...? अच्छी राजनीति चलाने और अच्छी गवर्नमेण्ट बनाने के लिए शासन-सत्ता में अच्छे व्यक्ति पहुँचने चाहिए। अ...
- इस तरीके से क्या होता जाएगा कि जिस आदमी के अन्दर देश-भक्ति और नागरिक कर्तव्यों का उदय नहीं हुआ और उसे इस बात की जिम्मेदारी एवं जानकारी भी नहीं है कि वोट के नाम पर राष्ट्र की हुकूमत हमारे हाथ में सौंप दी गयी है, वह अपनी जिम्मेदारियों को कैसे निभा सकता है?...? अच्छी राजनीति चलाने और अच्छी गवर्नमेण्ट बनाने के लिए शासन-सत्ता में अच्छे व्यक्ति पहुँचने चाहिए। अच्...
- इस तरीके से बेअकली और बेवकूफी का कोई अन्त है क्या?...? कुछ अन्त नहीं है। इसी तरीके से नैतिक चीजों के बारे में बेअकली का अन्त है क्या? नहीं है। नैतिक मूल्य गि...
- इस तरीके से बेअकली और बेवकूफी का कोई अन्त है क्या?...? कुछ अन्त नहीं है।...
- इस तरीके से बेअकली और बेवकूफी हमारे रोम रोम में इस बुरे तरीके से छा गई है कि मनुष्यों को मैं क्या कहूँ?...? मैं उसको जानवर ही कह सकता हूँ। मनुष्य को जरूरत है समझदारी की आज मनुष्य एक ऐसा जानवर हो गया है, जिसको...
- इस तरीके से बेअकली और बेवकूफी हमारे रोम-रोम में इस बुरी तरीके से छा गई है कि मनुष्यों को मैं क्या कहूँ?...? मैं उसको जानवर ही कह सकता हूँ।मनुष्य को जरूरत है समझदारी कीआज मनुष्य एक ऐसा जानवर हो गया है, जिसको स...
- इस तरीके से बेअकली और बेवकूफी का कोई अन्त है क्या?...? कुछ अन्त नहीं है। इसी तरीके से नैतिक चीजों के बारे में बेअकली का अन्त है क्या? नहीं है।
नैतिक...
- इस तरीके से बेअकली और बेवकूफी हमारे रोम-रोम में इस बुरे तरीके से छा गई है कि मनुष्यों को मैं क्या कहूँ?...? मैं उसको जानवर ही कह सकता हूँ।
मनुष्य को जरूरत है समझदारी की
आज मनुष्य एक ऐसा जानवर ...
- इस तरीके से मार डालने से क्या हो सकता है?...? फिर दिमागों को बदलने की बात मेरी समझ में आई कि आलंकारिक रूप से परशुराम भगवान का अवतार हुआ था। इसी उद...
- इस तरीके से मार डालने से क्या हो सकता है?...? फिर सिर और दिमागों को बदलने की बात मेरी समझ में आई कि आलंकारिक रूप परशुराम भगवान का अवतार हुआ था। इस...
- इस तरीके से हर एक आदमी को समझाता रहा तो उसकी बात लोगों ने मान ली, क्यों मान ली?...? वो संकल्पवान था। संकल्पवान नहीं होता तब, ऐसी ही व्याख्यान करता फिरता, साहब हरे पेड़ लगाइये, हरियाली ...
- इस तालाब में हमारा क्या काम है?...? जिस दिन से हमने जन्म लिया है, उस दिन से गन्दगी फैला रहे हैं। कैसी गन्दगी फैलाते हैं? हमारे शरीर में जि...
- इस तालाब में हमारा क्या काम है?...? जिस दिन से हमने जन्म लिया है, उस दिन से गन्दगी फैला रहे हैं। कैसी गन्दगी फैलाते हैं? हमारे शरीर में जि...
- इस दबाव को भारत कब तक सहता?...? अन्ततः उसने विद्रोहियों को सहायता भेजी। जम कर लड़ाई हुई और सन् १९७१ में बंगला देश स्वतंत्र हो गया। अब...
- इस दर्शन से तो बैकुंठ मिलेगा न?...? नहीं बेटे! तुझे नहीं मिलेगा; क्योंकि तेरे दर्शन के माने-मतलब का अर्थ जो तुमने समझा है, वह मात्र देखन...
- इस दर्शन से तो बैकुंठ मिलेगा न?...? नहीं बेटे! तुझे नहीं मिलेगा, क्योंकि तेरे दर्शन के माने-मतलब का अर्थ जो तुमने समझा है, वह मात्र देखन...
- इस दुनिया में किसी बात की कमी है क्या?...? नहीं, कुछ कमी नहीं है। यह दुनिया बहुत बड़ी है। भगवान ने इसमें बहुत सामान पैदा किया है। बहुत सारी जमीन...
- इस दुनिया में क्या चीज़ नहीं है?...? इस दुनिया में सन्तों की कमी है? सज्जनों की कमी है? शराफत की कमी है? भलमनसाहत की कमी है? नेक कामों की...
- इस दुनिया में भलाई भी है कि नहीं?...? हाँ साहब! है। अच्छे विचार भी हैं? हाँ साहब! हैं। अच्छे लोग भी हैं? हाँ साहब! हैं। दुनिया अच्छे विचार...
- इस दुनिया में भलाई भी है कि नहीं?...? हाँ साहब! है। अच्छे विचार भी हैं? हाँ साहब! हैं। अच्छे लोग भी हैं? हों साहब! हैं। दुनिया अच्छे विचार...
- इस दुनिया में रहते हुए आप इतनी ताकत और इतना बल इकट्ठा कर पाएँगे कि मैं नहीं जानता कि उससे ज्यादा ताकत और इतना ज्यादा बल कोई और भी दे पाएगा क्या?...? बेटे! यह अकेलेपन की देन है। सूरज अकेला चलता है, चाँद अकेला चलता है, पृथ्वी अकेली चलती है। जितनी भी म...
- इस दुनिया में सन्तों की कमी है?...? सज्जनों की कमी है? शराफत की कमी है? भलमनसाहत की कमी है? नेक कामों की कमी है? नहीं, कहीं कमी नहीं है।...
- इस दुहरी नीति का क्या कभी कोई सत्परिणाम निकल सकता है?...? हम चाहते हैं कि हमारी बहू-बेटियों की दूसरे लोग इज्जत करें, उन्हें अपनी बहन-बेटी की निगाह से देखें, फ...
- इस दृष्टि से तो वह स्रष्टा का भी स्रष्टा हुआ न?...? कैसा अद्भुत है यह गले न उतरने वाला सत्य और तथ्य। मनुष्य सचमुच महान् है। दार्शनिकों ने उसे भटका हुआ द...
- इस देवता के पास भी नहीं झगड़ा जाता, पर भैरों जी के पास और फलाने के पास न जाने कहाँ-कहाँ मारा-मारा डोलता है?...? और जो देवता वरदान उठाए बैठा है, उसके पास भी नहीं फटकता।
मित्रो! पिसनहारी का नाम तो मुझे नहीं माल...
- इस देवता से वरदान लेने के बजाय हम न जाने कहाँ-कहाँ मारे-मारे फिरते हैं?...? यह जिन्दगी बेहतरीन कस्तूरी के हिरण से भी गई-बीती है। अगर हमने कस्तूरी को अपनी नाभि में देखा होता, तो ...
- इस देश में असंख्य मनुष्य भूखे हैं, पीड़ित हैं, दुःखी हैं, दरिद्र हैं, उनको क्यों नहीं दिया जाय?...? मित्रो! जो आवे, वह यही कहे कि साहब! ब्याह कर लीजिए, नहीं साहब गोद ले लीजिए। जीजा आवे तो यह ...
- इस धर्मभीरु जनता को क्या कहा जाए?...? उनकी धर्मभीरुता को किस तरीके से धिक्कारा जाए? इतना समर्थ धर्मतंत्र जिसके पीछे छप्पन लाख व्यक्ति काम ...
- इस धर्मभीरु जनता को क्या कहा जाए?...? उनकी धर्मभीरुता को किस तरीके से धिक्कारा जाए? इतना समर्थ धर्मतंत्र जिसके पीछे छप्पन लाख व्यक्ति का...
- इस धूल-धक्कड़ वाली सड़क पर जब म्यूनिसिपल बोर्ड की पानी से भरी हुई गाड़ी आती है?...? कौन सी? ॐ अपवित्रः पवित्रो वा..... की जलधारा छिड़कती हुई चली जाती है और धूल को दबाती हुई-गलाती हुई च...
- इस धूल-धक्कड़ वाली सड़क पर जब म्यूनिसिपल बोर्ड की पानी से भरी हुई गाड़ी आती है?...? कौन सी? अपवित्र: पवित्रो वा.... की जलधारा छिड़कती हुई चली जाती है और धूल को दबाती हुई, गलाती हुई चली ...
- इस नक्कारखाने में तूती की क्या बिसात?...? एक से एक प्रतापी, कठपुतली जैसा नाच दिखाकर बाजीगर के झोली में घुस गये। यहाँ कौन किसका बड़प्पन मानता है...
- इस निकम्मी दुनिया में आप सदाचारी कैसे रह सकते हैं?...? जब कि आपके मन में पत्थर की उपासना करने की विधि न आये। पत्थर की उपासना करने का आनन्द जब आपके जी म...
- इस निर्माण कार्य में जो कारखाने और वैज्ञानिक विपुल पूँजी अपने पेट में समाये बैठे हैं, उस सबका क्या हो?...? आक्रमण से पूर्व अब बचाव का प्रश्न और अहम है। अपनी ओर से हाथ खींचें तो सामने वाला भी वैसा करेगा। इसका...
- इस पर आपकी आस्था है या कुछ भी नहीं है?...? नहीं, महाराज जी! हमारी तो बेटे पर आस्था है और पैसे पर आस्था है। तो बेटे, मैं तुझे बालक मानूँगा और ...
- इस पर आपकी आस्था है या कुछ भी नहीं है?...? नहीं, महाराज जी। हमारी तो बेटे पर आस्था है और पैसे पर आस्था है। तो बेटे, मैं तुझे बालक मानूँगा और ये...
- इस पर उसने पूछा, क्या किया?...? पहले शराबी का उत्तर था वह दूसरा अड्डा जमा रही थी। (३) एक सेठ अफीम खाते थे उन्होंने अपने नौकर को भी य...
- इस पर पत्नी ने कहा-स्वामी कल हम लोग जिस स्त्री से जेवर लाए थे वह आज माँगने आई थी?...? रवि मेर्हर बोले-दे क्यों नहीं दिए पराई वस्तु की कामना क्यों की जाए? ठीक है कहकर वह उन्हें शयनागार मे...
- इस पर बाबा ने कहा, ‘‘दो-दो क्या देते हो?...? हाथ भर-भर कर दो।’’ हम लोग झोली भर-भर कर प्रसाद लेकर आये और पेट भर कर सन्तरे खाये।
कुछ दिन बाद हम पु...
- इस पर महात्मा जी बोले, ‘‘अब क्या?...? अब क्या? अब तो हम जीत ही गये।’’
इस प्रकार दोनों सन्तों में परस्पर प्रणाम के लिये अक्सर होड़ रहती थी।...
- इस पर शास्त्रीजी बोले-पण्डित जी जंगल में जो आजादी है, स्वच्छता है वह बाग में कहाँ?...? नेहरू जी बोले-लेकिन देवताओं के सिर पर चढ़ते हैं बगीचे के ही फूल। स्वाभाविक हास परिहास में शास्त्री ने...
- इस परिस्थिति में देखना यह है कि तीर्थ स्थापना के जिस महान उद्देश्य को लेकर मनीषियों ने प्रबल प्रतिपादन और सफल प्रचलन के रूप में जो महान प्रयास किया था, उसकी पूर्ति हो रही है या नहीं?...? पर्यवेक्षण करने पर निराशाजनक उत्तर ही सामने आता है। यह दुःख का विषय है। होना यह चाहिए था कि तीर्थों ...
- इस पर्दे से हानि ही हानि है, अनौचित्य ही अनौचित्य है, फिर उसे क्यों पकड़े-जकड़े रहा जाय?...? नारी के बिगड़े हुए स्वास्थ्य की ओर प्रत्येक ईमानदार पति को तत्काल ध्यान देना चाहिए। उसके आहार-विहार ...
- इस पाठ के अन्त में बालकों को एक जलती हुई मोमबत्ती तथा एक जलता टार्च दिखाया जाता है और पूछा जाता है कि आप अपने जीवन में टार्च बनना चाहेंगे या मोमबत्ती?...?
बालक इस प्रश्न से उलझ जाते हैं, फिर भी कुछ बालक कहते हैं मैं टार्च बनना चाहूँगा, तो कुछ कहते हैं-मै...
- इस पुकार को कान में उँगली डालकर के क्या आप पेट के लिए जिन्दा रहेंगे?...? क्या आप रोटियों के लिए जिन्दा रहेंगे? क्या आपके विचारों का, सारी-की-सारी आकांक्षाओं का केन्द्र बच्चे प...
- इस पुकार को क्या आप कानों में उँगलियाँ डालकर अनसुनी कर देंगे और क्या आप केवल पेट के लिए ही जिन्दा रहेंगे?...? क्या आपके अपने विचारों का, सारी की सारी आकांक्षाओं का केन्द्र बच्चा पैदा करना ही बना रहेगा? क्या आपके...
- इस पूजा के लिए कौन से धूप, दीप, चन्दन चाहिए?...? आपके सुन्दर कृत्य, प्राणिमात्र की सच्ची सेवा, त्याग, क्षमा और उदारता। जैसे यज्ञ में समिधा डालकर जलात...
- इस प्रकार का प्यार बच्चे के साथ दुश्मनी के सिवाय और क्या कहा जायेगा?...? नीति यही होनी चाहिए, एक आँख दुलार की, एक सुधार की तभी बच्चे का सन्तुलित विकास सम्भव है।...
- इस प्रकार का प्रेम उसके स्वास्थ्य के पीछे लट्ठ लिए घूमने के सिवाय और क्या उपकार कर सकता है?...? यदि स्कूल से आने में उसे किसी कारणवश पन्द्रह मिनट की भी देर हो गई तो बस दौड़े-दौड़े स्कूल पहुँचे और उस...
- इस प्रकार के आहार द्वारा आपका अन्नमय कोश कैसे ठीक होगा?...? आपकी उपासना कैसे ठीक ढंग से संचालित होगी।आपने ब्रह्मचर्य व्रत का पालन भी नहीं किया है। आपकी पत्नी कि...
- इस प्रकार के युग में आत्मीयता-प्यार कहाँ मिलेगा?...? यह सिर्फ एक ही फैक्ट्री, एक ही उद्यान में मिलती है और उसका नाम है, कुटुँब—परिवार। आपने जो भी कमाया, ...
- इस प्रकार ढर्रा तो चला, पर वह चिन्ता बराबर बनी रही कि अगले दिनों मथुरा में रहकर जो प्रकाशन का बड़ा काम करना है, प्रेस लगाना है, गायत्री तपोभूमि का भव्य भवन बनाना है, यज्ञ इतने विशाल रूप में करना है, जितना महाभारत के उपरान्त दूसरा नहीं हुआ, इन सबके लिए धन शक्ति और जन शक्ति कैसे जुटे?...? उसके लिए गुरुदेव का वही सन्देश आँखों के सामने आ खड़ा होता था कि ‘‘बोओ और काटो’’। उसे अब समाज रूपी खे...
- इस प्रकार तीन बार, तीन वर्ष यहाँ आते रहने और शेष वर्षों में जन सम्पर्क में रहने से परीक्षा भी होती चलेगी कि जो अभ्यास हिमालय में रहकर किया था, वह परिपक्व हुआ या नहीं?...? ’’ यह कार्यक्रम देवात्मा गुरुदेव ने ही बनाया था, पर था मेरा इच्छित। इसे मनोकामना की पूर्ति कहना चाहि...
- इस प्रकार तुलसीदास जी ने साफ शब्दों में बतला दिया कि भवानी और शंकर कैसे होना चाहिए?...? वह होना चाहिए-श्रद्धा, विश्वास के रूप में। उसी रूप में हमें उन्हें पूजना चाहिए। उन्होंने पार्वती-श्र...
- इस प्रकार पूछो किसी का परिचय पूछना हो तो, आपका परिचय?...? कहकर पूछो। किसी को यह मत कहो कि आप भूल करते हैं। कहो कि आपकी बात मैं ठीक नहीं समझ सका।
१७. जहाँ कई व...
- इस प्रकार यदि रोगकाल में बच्चे को प्यार करने वाले अभिभावकों को क्रिया कलाप का पूरा-पूरा ब्योरा दिया जावे तो स्पष्ट पता चल जायेगा कि बच्चे के प्रति उनके प्यार का क्या अर्थ है?...? बहुत से अभिभावक अपने बच्चों को बहुधा दूसरे बच्चों के साथ खेलने नहीं देते। उन्हें अपने बच्चों के सिवा...
- इस प्रकार सारा-का ब्यौरा मैंने आपको बताया तो इनमें आपका ट्रान्सफर हो सकता है?...? हाँ हो सकता है। तो आप क्या करेंगे? गायत्री माता को ले जाएँगे? नहीं बेटे! मुश्किल है। गायत्री माता को...
- इस प्रकार से बन सकता है रुपया?...? अगर मिट्टी से फूँक मार करके रुपये बना करते, तो बेटे, गवर्नमेंट को टकसाल खोल...
- इस प्रथा के खिलाफ हमारे यहाँ सन् १९६१ में ही कानून बन गया था, जिसके अनुसार दहेज लेना व देना गैर कानूनी घोषित किया गया; लेकिन क्या दहेज प्रथा बन्द हुई?...? नहीं, हमारे यहाँ के लगभग सभी धर्मों, क्षेत्रों और जातियों के प्रत्येक वर्ग में दहेज प्रथा जोर-शोर से...
- इस प्रयोजन के लिये अपव्यय को कठोरतापूर्वक रोकना पड़ता है और जो समय, श्रम, चिन्तन, साधन आदि बचाया जा सकता है, उसे तत्परतापूर्वक रोका जाता है और साथ ही इसका भी ध्यान रखना पड़ता है कि उसका सत्प्रयोजनों में श्रेष्ठतम सदुपयोग किस प्रकार बन पड़े?...? यदि यह निभ सके तो समझना चाहिए कि वास्तविक संयम-साधना की तपश्चर्या सही दिशा में रीति से चल रही है और...
- इस फर्क का क्या कारण है?...? हम बच्चे हैं तो एक जैसा खाना क्यों नहीं देतीं? माँ ने कहा—बेटे ये मेरी पड़ोसिन का बच्चा है, इसलिए ये ...
- इस बच्ची की सहायता कैसे करूँ?...? यह सोचकर जटायु तड़प उठा। उसने कहा—मैं शायद इसको बचा न सकूँ, पर अपनी जिन्दगी तो उसे बचाने में खतम कर ह...
- इस बच्ची को कैसे छुड़ा हूँ?...? इस बच्ची की सहायता कैसे करूँ? यह सोचकर जटायु तड़प उठा। उसने कहा—मैं शायद इसको बचा न सकूँ, पर अपनी जि...
- इस बात का प्रशिक्षण दिया जाय कि वह आज की स्थिति में ही अपने और परिवार के विकास के लिए क्या कर सकती है?...? अयोग्यता की भर्त्सना तो होती है, पर यह नहीं बताया, दिखाया जाता कि उसे किस प्रकार, क्या करना चाहिए। अ...
- इस बात की लिहाज-शरम नहीं है कि आखिर इनको पढ़ाएगा कौन?...? शिक्षा के लिए पैसा कहाँ से आएगा? इनको खेलने के लिए रेल कहाँ से आएगी? हमको तो बस काम-वासना से प्यार ह...
- इस बात की लिहाज-शर्म नहीं है कि आखिर इनको पढ़ाएगा कौन?...? शिक्षा के लिए पैसा कहाँ से आएगा? इनको खेलने के लिए रेल कहाँ से आएगी? हमको तो बस काम-वासना से प्यार...
- इस बात को आप समझते क्यों नहीं हैं?...? यह असली है, इस तरह असली का आपने लोगों को विश्वास दिला दिया, इसलिए आपकी बिक्री हो गयी। आपने सत्य का व...
- इस बात को ध्यान में जाए, तो फिर हमारी वाणी में सदा शिष्टता और मधुरता ही क्यों न घुली रहेगी?...? अपने कष्ट के समय हमें दूसरों की सहायता विशेष रूप से अपेक्षित होती है।...
- इस बात को ध्यान में रखा जाए तो जब दूसरे लोग कष्ट में पड़े हों, उन्हें हमारी सहायता की अपेक्षा हो, तब क्या यही उचित है कि हम निष्ठुरता धारण कर लें?...? अपने बच्चों से हम यह आशा करते हैं कि बुढ़ापे में हमारी सेवा करेंगे, हमारे किए उपकारों का प्रतिफल कृतज...
- इस बात को मैं कहती हूँ कि जिसके अन्दर भगवान के वो गुण विद्यमान हैं, वह भगवान से कम कहाँ है?...? भगवान से कम है तो फिर बुद्ध को भगवान क्यों कहा है? राम को भगवान क्यों कहते हैं? कृष्ण को भगवान क्यों...
- इस बात पर कभी तो आपको सोचना चाहिए कि यह क्या है?...? मित्रो! यह अनीति है, भ्रष्टाचार और अन्याय है, दुष्टता है, अत्याचार है। जिस दिन ये चीजें समाज का अंग ...
- इस बात से फायदा यह हुआ कि यदि शरीफों से वास्ता न पड़े, तब क्या करना चाहिए?...? खराब लोगों से वास्ता पड़े तब, खराब भाई हो तब, खराब मामा हो तब, खराब रिश्तेदार हो तब, क्या करना चाहि...
- इस बात से मैं बहुत सहमत हूँ कि देवताओं के बारे में जो इष्टदेव बना दिए गए थे, वे इसलिए बना दिए गए थे कि आदमी यह समझे कि हमको कहाँ पहुँचना है?...? हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है? लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमको किस प्रकार की गतिविधियाँ अपनानी चाह...
- इस बात से मैं बहुत सहमत हूँ कि देवताओं के बारे में जो इष्टदेव बना दिए गए थे, वे इसलिए बना दिए गए थे कि आदमी यह समझे कि हमको कहाँ पहुँचना है?...? हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है? लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमको किस प्रकार की गतिविधियाँ अपनानी चाह...
- इस बात से वे नाराज होते हैं कि आपने कैसी शक्ल बना दी?...? ईसा को मनुष्य मानते हैं और मरियम को मनुष्य मानते हैं, इसलिए उनकी शक्ल बना देते हैं। ‘गॉड’ की शक्ल ...
- इस बारे में हम कुछ नहीं कह सकते कि कल क्या होगा?...? हम तो एक ही बात कह सकते हैं कि ईमानदारी के साथ आदमी अपने कर्तव्यों की जिम्मेदारी को निभाए।
न...
- इस बिल्ली को क्यों नहीं हुई?...?
किसान बोला-‘कल सबेरे तुम्हें यह बात बताऊँगा।’ दूसरे दिन सबेरे किसान ने बिल्ली को कुछ अधिक दूध और रो...
- इस बुखार की कोई दवाई है क्या आपके पास?...? शारीरिक बुखार की दवा तो है, पर दिमागी बुखार की दवा अभी तक कोई तैयार नहीं की जा सकी है। लेकिन हमारे ह...
- इस बुड्ढे जीवन से क्या करूँगा?...? अब मुझे कोई हवस नहीं है। सन्त, सुधारक और शहीद—तीन ही तो आपके यहाँ की सबसे बड़ी डिगरी हैं। मैंने तीसरी...
- इस बुढ़िया को हम क्यों खाना खिलाते हैं और बुढ़िया की हम सेवा क्यों करें?...? यह तो फालतू है। जिस तरीके से बूढ़े बैल को कसाई के यहाँ भेज देते हैं, उसी तरीके से आप बूढ़े बाप को कसाई...
- इस ब्रह्मानन्द को प्राप्त करने के लिए, उसके साथ एक होने के लिए क्या करना होता है?...? जैसा कि मैंने अभी आपको एक उदाहरण में बताया है कि जीवात्मा को नंगा होना होता है। कैसे? मैंने यह कपड़ा ...
- इस भक्ति का स्वरूप क्या हो?...? इसके लिए ईश्वर के जीवित या मृतक प्रतिनिधियों के वचन अथवा लेखन ही प्रमाण होते थे। इस दृष्टि से भूतकाल...
- इस भगवान के साथ प्यार कैसे किया जाएगा?...? उस भगवान के साथ मोहब्बत किस तरीके से की जाएगी? उस भगवान का अर्चन, वंदन कैसे किया जाएगा? इसके बारे मे...
- इस भट्टी में क्या होगा?...? गलाई और ढलाई। भट्टियाँ कई तरह की होती हैं। कहीं काँच की भट्टी है तो कहीं लोहे की भट्टी है, तो कहीं अ...
- इस भूत के दाँत कितने बड़े हैं?...? ऐसे बड़े! आँखें कैसी चमकती हैं? ऐसे-ऐसे चमकती हैं! और वो झाड़ी हमको ऐसी मालूम पड़ती है कि जैसे हमको खा ...
- इस मंत्र को कैसे जपा जाए?...? तुलसी माला से या रुद्राक्ष माला से? मित्रो! यह सब चीजें मंत्रों से प्राप्त की जा सकती हैं, अगर व्यक्...
- इस मजबूत सम्बन्ध का आधार क्या है?...? कुछ आधार तो है, बिना आधार के सम्बन्ध नहीं बन सकते। नहीं साहब! अपने गुरुजी से हमारा भी सम्बन्ध बनवा दीजिए...
- इस मन:स्थिति में सन्तोष कहाँ?...? चैन कैसा? प्रसन्नता और प्रफुल्लता का अनुभव कर सकना तो कोसों पीछे रह जाता है। बीमार का निदान बन पड़ने...
- इस मन्त्र का जाप करने वालों को बहुधा ही तेजस्वी, समृद्धिवान तथा ज्ञानवान् क्यों देखा जाता है?...? इसीलिए कि इस मन्त्र के माध्यम से सविता देवता की उपासना के साथ, सुख-समृद्धि तथा ज्ञानपरक विचारों की स...
- इस मन्त्र से कितना-कितना उनको लाभ पहुँचा है, यदि नाम गिनाने लगूँ तो सम्भव है, पूरा ग्रन्थ लिख जाएगा और यह लिखा जाएगा कि अमुक-अमुक व्यक्तियों को इससे क्या-क्या लाभ मिला, वह लाभ क्यों नहीं मिला?...? गुरुदेव की शक्ति
उसका एक लाभ गायत्री मन्त्र की शक्ति से और गुरुजी की शक्ति से मिला; क्योंकि उन्हों...
- इस मरघट में अब हम कहाँ जाएँ?...? इधर जाएँ तो इधर भी आग, उधर जाएँ तो उधर भी आग। हर तरफ से जिन्दगी नीरस दिखाई पड़ती है। उस नीरस जिन्दगी म...
- इस मरघट में अब हम कहाँ जाएँ?...? इधर जाएँ तो इधर भी आग, उधर जाएँ तो उधर भी आग। हर तरफ से जिन्दगी नीरस दिखाई पड़ती है। उस नीरस जिन्दगी मे...
- इस मानसिकता को व्यामोह का सम्मोहन नाम देने के अतिरिक्त और क्या कहा जाए?...? क्या यह दुर्गति और दुर्गन्ध से भरी दुर्दशा ही मानव जीवन की नियति है?जो हो, पर वास्तविकता यही है कि औ...
- इस मान्यता का निष्कर्ष यही निकला कि जब शरीर के साथ ही अस्तित्व नष्ट होते हैं, तो परलोक का भय क्या करना?...? जितना सुख जिस प्रकार भी सम्भव हो लूट लेना चाहिए, इसी में जीवन की सार्थकता है। नास्तिकवाद ने जन-साधार...
- इस माला पर महामृत्युंजय मंत्र का कारतूस दनादन चढ़ा दिया, जो खट्-खट् सब बीमारियों को मार डालता है और जब इसको लक्ष्मी जी की जरूरत पड़ती है तब?...? अहा! ‘‘ॐ ह्रीं श्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे’’ मंत्र का दे दनादन-दे दनादन जप, और वो आई देवी और ये ...
- इस मिशन का उद्देश्य क्या है?...? यह संस्था कितनी शानदार है और यह कितने महत्त्वपूर्ण कार्य कर चुकी है और आगे क्या-क्या कार्य करने वा...
- इस मिशन का क्या उद्देश्य है?...? हम अब तक क्या कर चुके हैं? इस सभी के लिए भगवान् की क्या प्रेरणा जुड़ी हुई है? इसके लिए स्मारिका छ...
- इस मौलिक प्रवृत्ति को तृप्त करने के लिए कौन क्या रास्ता चुनता है, किस निर्णय पर पहुँचता है और किन प्रयासों का आश्रय लेता है?...? यह उसकी अपनी सूझबूझ पर निर्भर करता है।यहाँ कहा यह जा रहा है कि प्रवृत्ति को ऐसे सत्प्रयोजनों के साथ ...
- इस युग की ताड़का क्या है?...? इस युग की सूर्पणखा क्या है? इस युग की सुरसा क्या है? इस युग की एक ही सुरसा है, जिसका नाम है बेअकली।...
- इस युग की ताड़का क्या है?...? इस युग की शूर्पणखा क्या है? इस युग की सुरसा क्या है? इस युग की एक ही सुरसा है, जिसका नाम है बेअकली। ...
- इस युग की पूतना क्या है?...? इस युग की ताड़का क्या है? इस युग की सूर्पणखा क्या है? इस युग की सुरसा क्या है? इस युग की एक ही सुरसा...
- इस युग की पूतना क्या है?...? इस युग की ताड़का क्या है? इस युग की शूर्पणखा क्या है? इस युग की सुरसा क्या है? इस युग की एक ही सुरसा...
- इस युग की शूर्पणखा क्या है?...? इस युग की सुरसा क्या है? इस युग की एक ही सुरसा है, जिसका नाम है बेअकली। आदमी के अन्दर बेअकली इस कदर ह...
- इस युग की सुरसा क्या है?...? इस युग की एक ही सुरसा है, जिसका नाम है बेअकली। आदमी के अन्दर बेअकली इस कदर हावी हुई है कि जब से दुन...
- इस युग की सुरसा क्या है?...? इस युग की एक ही सुरसा है, जिसका नाम है बेअकली। आदमी के अन्दर बेअकली इस कदर हावी हुई है कि जब से दुनिय...
- इस युग की सूर्पणखा क्या है?...? इस युग की सुरसा क्या है? इस युग की एक ही सुरसा है, जिसका नाम है बेअकली। आदमी के अन्दर बेअकली इस कदर...
- इस योग में यह क्या हुआ?...? वह योग तो शरीर का हुआ। शरीर को उल्टा कर रहा है। इससे क्या फायदा हो सकता है? इससे शरीर में कोई कमी ...
- इस राक्षस का, दुष्ट का वंश चलना चाहिए?...? ये क्या है? ये बेटे, कसाईपन है। आज हर आदमी कसाई होता हुआ चला जा रहा है। आज हम देखते हैं कि न हमको ...
- इस रूप में कि जो कुछ भी आपने हवन किया, उसका क्या हुआ?...? साहब! वह तो जल गया, नष्ट हो गया। यह बात तो आप अपनी आँखों के हिसाब से कह सकते हैं, किन्तु साइंस के प्व...
- इस वर्ष को व्यतीत होने में अभी कितने दिन बाकी हैं?...? लोगों ने कहा कि तीन महीने बाकी हैं। उसने कहा कि तीन महीने पहले हमारी छुट्टियाँ, जो कैजुअल लीव बा...
- इस वातावरण में क्या होगा?...? "
(क्रमश:)
परिष्कृत अध्यात्म हमारे जीवन में उतरे - ३
विगत दो कड़ियों में पूज्...
- इस वातावरण में हम भगवान की तरफ कैसे चलेंगे?...? भगवान का अर्थ नैतिकता और आदर्श है। नहीं साहब! भगवान तो कोई व्यक्ति विशेष है। नहीं बेटे! भगवान कोई व्...
- इस विचित्र पोशाक में उनसे कैसे मिलेंगे?...? ’’‘‘स्वयं सूटेड-बूटेड कुत्तों को मोटरों में घुमाने वाले और नौकरों को फटकारने वालों को आप लोग बड़ा कह...
- इस विज्ञान का क्या ठिकाना है?...? जो विज्ञान सर्वनाश पर तुला हुआ है। क्या इसे कोई शान्ति देने वाला है? कोई अकल देने वाला है कि ये सार...
- इस विधि की कोई वजह?...? आपने जो फायदा उठाया, व दूसरों से जो फायदा उठाया, वह विधि सिखा दीजिए। विधि, विधि पूछता है? पागल! विधि...
- इस विश्वामित्र ने करोड़ों जो हमारे भारतवासी हैं उनके लिए और सारे विश्व में जो मानव मात्र फैला हुआ है उसके कल्याण के लिए उन्हें मुक्ति दिलाने के लिए, उन्होंने बीड़ा उठाया और कहा कि हम स्वर्ग स्थापित करके रहेंगे और हम बताएँगे कि स्वर्ग क्या होता है और नरक क्या होता है?...? खुदगर्ज क्या होता है और परोपकारी क्या होता है? ब्राह्मणत्व क्या होता है? असली ब्राह्मण कौन होता है, ...
- इस विश्वामित्र ने करोड़ों जो हमारे भारतवासी हैं, उनके लिए और सारे विश्व में जो मानवमात्र फैला हुआ है, उसके कल्याण के लिए, उन्हें मुक्ति दिलाने के लिए, उन्होंने बीड़ा उठाया और कहा कि हम स्वर्ग स्थापित करके रहेंगे और हम बताएँगे कि स्वर्ग क्या होता है और नरक क्या होता है?...? खुदगर्ज क्या होता है और परोपकारी क्या होता है?
क्या है ब्राह्मणत्व
ब्राह्मणत्व क्या होता है? ...
- इस व्यय को अन्य उद्योगों में कैसे लगाया जा सकता है?...? (९) तंबाकू से अपराध वृत्ति कैसे पनपती है? (१०) ‘‘सभी धर्मों ने नशेबाजी की निन्दा की है’’ सिद्ध कीजिय...
- इस व्यापार से लाभ हुआ या घाटा, उसका हिसाब कौन लगाए?...? * यों मरना अभी देर में है, पर जब परस्पर मिलने-जुलने और हँसने-खेलने, सुनने और समझने की सुविधा न रही, ...
- इस शरीर के अन्दर और क्या क्या है?...? इसके अन्दर चरबी है। हमारे शरीर में चरबी या फैट की इतनी मात्रा है किं इससे साबुन के सात टिक्के बनाए जा...
- इस शरीर के अन्दर और क्या-क्या है?...? इसके अन्दर चरबी है। हमारे शरीर में चरबी या फैट की इतनी मात्रा है कि इससे साबुन के सात टिक्के बनाए जा ...
- इस शरीर के आप देवता हैं न?...? हाँ, देवता हैं तो आप दीजिए कुछ इसको। नहीं साहब, हम क्या कर सकते हैं? आप सब कुछ कर सकते हैं। आप मुसीब...
- इस शरीर के आप देवता हैं न?...? हाँ देवता हैं तो आप दीजिए कुछ इसको। नहीं साहब, हम क्या कर सकते हैं? आप सब कुछ कर सकते हैं। आप मुसीबत...
- इस शरीर में महानता किस तरह से पैदा कर पाएगा?...? नहीं साहब! हम महानता पैदा कर सकते हैं। ग्यारह माला जप करेंगे। बन्द कीजिए आप ग्यारह माला। नहीं साहब! ग...
- इस शानदार अध्यात्म और मजेदार अध्यात्म से क्या मतलब है?...? और हमें क्या करना चाहिए? हमको उस अध्यात्म को पुनः जाग्रत करना चाहिए।...
- इस सन्दर्भ में एक बात और उल्लेखनीय है-अवतारों की संख्या 24 ही क्यों गिनी जाती है?...? जबकि समय-समय पर कितनी विभूतियाँ अवतरित होती रहीं और अपनी निर्माण प्रक्रिया को पूर्ण करती रहीं। इस सं...
- इस सन्दर्भ में कम से कम एक ग्रंथ तो ऐसा होना चाहिए जो भारतीय धर्म की महान परम्पराओं को शास्त्र प्रमाण ढंग से प्रस्तुत कर सके और एक सामान्य बुद्धि का हिन्दू समझ सके कि उसके सुविस्तृत शास्त्र समुद्र का सार क्या है?...? वह सार ऐसा होना अपेक्षित है जो आज की परिस्थितियों में भी सार्वभौम-सार्वजनीन और सर्वकालीन कहा जा सके।...
- इस सन्दर्भ में क्या किया जा सकता है?...? अपनी स्थिति इस दिशा में कितनी तेजी से कितनी दूरी तक चल सकने की है। इसी का ताना-बाना उनका मस्तिष्क बु...
- इस सन्दर्भ में नए विचार नए प्रचलन करने में क्या-क्या करना पड़ेगा, किन-किन कठिनाइयों से किस-किस प्रकार निपटना पड़ेगा?...? यह एक बड़ी बात है। मध्यम वर्ग ही इस सन्दर्भ की अनेक योजनाएँ हाथ में लेकर उसे कार्यान्वित कर सकेगा।(२) ...
- इस सन्दर्भ में होने वाला प्रचार और विज्ञापन यदि स्वास्थ्य और चरित्र बढ़ाने की दिशा में लगता तो जन-प्रवृत्ति को कुमार्गगामी बनाने की अपेक्षा विकास की दिशा में कितनी प्रगति होगी?...? अन्य नशों की भाँति तम्बाकू में भी तामसिक दुर्बुद्धि और अपराधी दुष्प्रवृत्ति भड़काने का दोष है। नशेबाज...
- इस सम्बन्ध में हमारा दृष्टिकोण क्या हो?...? इसके लिए बताया गया है कि उसमें जो पुल्लिंग वाचक हैं, उनके साथ हमारी भावना राम की हो। राम की भावना हो...
- इस सन्दर्भ में बहुत-से भविष्यवक्ताओं ने बहुत-सी बातें लिखी हैं?...? मुसलमानों के धर्मग्रन्थ में लिखा है कि १४ वीं सदी आयेगी तो इस दुनिया में बहुत तबाही आयेगी। इनसान की ...
- इस सन्दर्भ सर्वप्रथम आहार की उपयुक्तता पर ध्यान देना होगा और यह देखना होगा कि वह पौष्टिक ही नहीं सात्विक स्तर का भी है क्या?...? ***
—पण्डित श्रीराम शर्मा आचार्य, गायत्री तीर्थ शान्तिकुञ्ज, हरिद्वार
10. सादा जीवन उच...
- इस सफलता में क्या रखा है?...? यह तो स्कूलों के सब मास्टर, लेक्चरर कर लेते हैं। क्या पोस्ट है आपकी? लेक्चरर। आप क्या काम करते हैं? ...
- इस सफलता में क्या रखा है?...? यह तो स्कूलों के सब मास्टर, लेक्चरर कर लेते है। क्या पोस्ट है आपकी? लेक्चरर। आप क्या काम करते हैं? अ...
- इस सबका समापन किस प्रकार बन पड़ेगा?...? इन्हीं परिस्थितियों में रहते, अगले दिनों क्या कुछ बन पड़ेगा? इस चिन्ता से हर विचारशील का किंकर्तव्यव...
- इस सभी के लिए भगवान् की क्या प्रेरणा जुड़ी हुई है?...? इसके लिए स्मारिका छापनी चाहिए। स्मारिका से क्या होगा? स्मारिका से विज्ञापन मिलते हैं, जिससे विज्...
- इस समय आपको क्या-क्या करना होगा?...? कौन-कौन से काम करने होंगे? इक्कीसवीं सदी में क्या-क्या चीजें समाप्त होने जा रही हैं तथा क्या-क्या हो...
- इस समय उनके स्कूल में क्या पढ़ाई चल रही है, कितना पाठ्यक्रम हो चुका है और कितना शेष है, इसका पता लगाया करें, साथ ही उससे पढ़े पाठों के विषय में प्रश्न करके यह पता लगाया करें कि बच्चे जो पाठ पढ़ चुके होते हैं, वह याद भी करते हैं या नहीं?...? उनकी कापियाँ देखा करें और पता लगाया करें कि वे अपना काम ठीक से कर रहे हैं या नहीं? जो गलतियाँ ठीक की...
- इस समय तो फायदा उठा लेते हो, पर भविष्य तुम्हारा क्या बनेगा?...? दूसरा आदमी तुम्हारी सहायता क्यों करेगा? दूसरा आदमी तुम्हें अपने पास क्यों बैठने देगा? जहाँ कहीं भी क...
- इस समय में क्या करना चाहिए?...? बेटे! आपको एक ही काम करना चाहिए कि संस्कृति की सीता को वापस लाने के लिए मेहनत करनी चाहिए और मशक्कत क...
- इस समय में क्या करना चाहिए?...? बेटे! आपको एक ही काम करना चाहिए कि संस्कृति की सीता को वापस लाने के लिए मेहनत करनी चाहिए और मशक्कत क...
- इस समय वर्तमान के काम बताइए?...? वर्तमान में तो छोटा सा काम है। अभी फिलहाल हम आपको पंद्रह-पंद्रह दिनों के लिए छोटी सी ट्रेनिंग दे करक...
- इस सहायता से क्या नाम है?...? इसे ‘वरदान ’ कहते हैं।हम वरदान देते रहेंगे। जो हिम्मती हैं, साहसी हैं, उन्हें हमने छाती से लगाया है ...
- इस साल जो भी यहाँ से जाएँगे, आप देख लेना, मैंने कभी कहा तो नहीं है, लेकिन आज मैं हिम्मत करके कह रही हूँ, बेटे, आप साल-भर के भीतर देखना कि आपकी मनः स्थिति क्या है?...? आप तो भौतिक सफलताएँ चाहते हैं न, तो वो भी मिलेंगी, लेकिन हम उनको नाचीज समझते है। बेटे, हम जो भी आपको...
- इस सावित्री-साधना का क्या विज्ञान है?...? किस तरीके से, सम्भव हुई? ये हम ‘अखण्ड-ज्योति’ के जनवरी के अंक में बतायेंगे और इक्कीसवीं सदी कैसे आयेग...
- इस सोमवती अमावस्या के स्नान से क्या फायदा है?...? शंकर जी बोले—जो कोई आदमी आज के दिन गंगा नहाता है, सो वैकुण्ठ को चला जाता है। पार्वती जी चुप हो गईं औ...
- इस स्तर की चतुरता अपना लेने का प्रतिफल यह तो नहीं होना चाहिए कि वह आत्मा और परमात्मा की आँखों में धूल झोंककर, अहंकार से उन्मत्त होकर, अपने क्रिया-कलापों से वातावरण को उद्वेगों और अनाचारों से भर दे?...? दृष्टि पसार कर जिस ओर भी देखा जाये, उसी ओर समस्याओं, उलझनों, विडम्बनाओं, विपत्तियों, विग्रहों, विद्र...
- इस स्थिति को अपने लिए भले ही कोई स्वीकार न करे पर पूछा जाय कि आप अपने कामकाजी जीवन के सम्बन्ध में पत्नी से परामर्श लेते हैं?...? उसकी राय को कितना महत्त्व देते हैं? उसके सुख-दुख और सुविधा-असुविधा का कितना ख्याल रखते हैं? तो मिलने...
- इस स्थिति को देखते हुए नैष्ठिक साधना की अनिवार्यता के सन्दर्भ में एक प्रश्न यह उत्पन्न होता है कि मनुष्य वातावरण और प्रकृति के सामने सर्वथा असहाय असमर्थ है तो वह किस आधार पर वातावरण में अनुकूल और परिस्थितियों में परिवर्तन कर सकता है?...? इसका एक ही उत्तर है कि प्रकट रूप में मनुष्य वातावरण के सामने सर्वथा असहाय असमर्थ भले हो पर सूक्ष्म प...
- इस स्थिति में गाड़ी आगे कैसे चलेगी?...? गाड़ी आगे चल नहीं सकती है। हमने-आपने कई बार यह सुना है कि अमुक रोड पर मोटर, ठेलागाड़ी पलट गयी। अगर हम ...
- इस स्थिति में महिलाओं का स्वास्थ्य क्यों कर नष्ट न होगा?...? नारी यदि कल अपने शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को प्राप्त कर सके तो वह स्वर्ग की अप्सरा बन कर इन्हीं ट...
- इस स्वर्ग को छोड़कर कहाँ आकाश में मारा-मारा फिरूँ?...? (७) अन्धे भिखारी के हाथ में किसी ने पाँच का नोट रख दिया, भिखारी ने समझा किसी ने मजाक में कागज थमा द...
- इस स्वर्ग में से घसीट कर हमें कोई कहाँ लिए जा रहा है?...? क्यों लिए जा रहा है? इन्हें छोड़कर हम कहाँ रहेंगे? कैसे रहेंगे? कुछ भी तो सूझ नहीं पड़ता। आँखें बरसत...
- इस हवा को लेकर कौन आया?...? हवा के सन्देश को लेकर कौन आया? सन्देश लेकर के यहाँ भगवान बुद्ध आए थे। तो क्या भगवान बुद्ध ने हिंदुस्ता...
- इस हालत में सम्पत्ति आ सकती है?...? ऐसी हालत में सम्पत्ति नहीं आ सकती। हमको उन्नतिशील जीवन जीने के लिए, सम्पत्तिवान जीवन जीने के लिए, भौ...
- इस हिन्दुस्तान में इतनी दौलत कहाँ है?...? माता जी, आप तो कहती हैं कि हमारे दोनों का कहीं एकाउन्ट नहीं है, मगर राज को हम जानते हैं आप नहीं जानत...
- इस हृदय-द्रावक स्थिति को कब तक सहन किया जाय?...?
नारी की आज जो स्थिति है, उसे किसी भी प्रकार न्यायोचित नहीं कहा जा सकता। मनुष्य के कुछ जन्मसिद्ध...
- इसका क्या कारण है?...? भगवान् चुप क्यों है? भगवान् को सत्यम्-शिवम्-सुंदरम् कहा जाता है, फिर उसके राजकुमार इनसान में इस बा...
- इसका पंचमुखी गायत्री से क्या सम्बन्ध होता है?...? हमारे मन के भीतर चमत्कारी शक्तियाँ भरी पड़ी हैं। मन के अन्दर से अनेकों तरंगें निकलती हैं, जो बाहर आ...
- इसका मतलब क्या है?...? हमारा अस्पताल चलता है, डिस्पेन्सरी चलती है। प्याऊ चलाने से क्या मतलब है? यह आध्यात्मिक बात है। यह ...
- इसका अनुमान सहज ही लगाया जा सकता है कि कुछ ही समय के वैज्ञानिक दुरुपयोग का क्या नतीजा निकला और अगले दिनों उसकी अभिवृद्धि से और भी क्या अनर्थ हो सकने की आशंका है?...? विज्ञान का दर्शन प्रत्यक्षवाद पर अवलम्बित है। उसने दर्शन को भी प्रभावित किया है और यह मान्यता विकसित...
- इसका अर्थ यह हुआ कि भगवान की इच्छा?...? मुख्य हो जाती हैं। व्यक्तिगत महत्त्वाकांक्षाएँ, व्यक्तिगत कामनाएँ भगवान की भक्ति समाप्त कराती हैं और...
- इसका अर्थ ये हो गया आपने वो करना शुरू कर दिया, क्या करना शुरू कर दिया?...? ये भगवान को नैवेद्य चढ़ा दिया, अक्षत चढ़ा दिये, चावल चढ़ा दिये, धूप-दीप चढ़ा दी, बस इन सब का चढ़ाने ...
- इसका आपको इतिहास और हिस्ट्री बताता हूँ कि ये आखिर हैं कौन चण्डी?...? एक बार ऐसा हुआ देवताओं और राक्षसों में बड़ी जोर की लड़ाई होने लगी। राक्षस थे जबरदस्त, उन्होंने देवताओं...
- इसका उपाय क्या है?...? एक-एक पानी की बालटी लेकर पहुँच जाएँ? नहीं बेटे ! इस पानी की आवश्यकता नहीं है। एक और पानी है।...
- इसका एक ही अर्थ होता है कि कण-कण में भगवान् विद्यमान है?...? और वह भगवान् कैसा है? उस भगवान् का एक ही नाम सही है—न्यायकारी। न्यायकारी भगवान् सब जगह समाया हुआ है।...
- इसका एक ही तरीका है आप साइकिल यात्रा, पद यात्रा ही मैं कहता हूँ उसे, साइकिल को तो मैं एक वो मानता हूँ वजन ढोने का, वजन ढोने का आया आपको बिस्तर ले कर चलना पड़ेगा, कपड़े ले कर चलने पड़ेंगे, साइकिल पर लाद कर लेकर चलिए, ज्यादा अच्छी बात है और क्या करें?...? और आप ये कीजिए जगह-जगह शिक्षण देने के लिए, अलख जगाने के लिए, एक योजना बना के ले जाइए। दीवारों पर आदर...
- इसका ऑपरेशन कैसे नहीं हुआ?...? कोई कुशल डॉक्टर नहीं मिला, या तो हममें कमी है या आपमें कमी है।
क्या है श्रद्धा?
कहीं-न-कहीं कमी ह...
- इसका कारण क्या है?...? (४) महँगाई के इस जमाने में नारी का क्या कर्तव्य हो जाता है? (५) उच्च शिक्षा कन्या के विवाह न होने के...
- इसका कारण क्या है?...? इसका एक ही कारण है कि हमने आहार−विहार के सम्बन्ध में असंयम बरतना शुरू कर दिया। जीभ हमारी बेकाबू रही।...
- इसका कारण मात्र यही है कि सूत्र संचालकों की कथनी और करनी में एकता होती है, भले ही वह बुरे स्तर की ही क्यों न हो?...? बिजली के दो तार मिलने पर ही करेण्ट चालू होता है। कथनी और करनी दोनों के संयोग से ही उपदेश में शक्ति उ...
- इसका कारण यह है कि कुटुम्बों को बनाने और उनकी देख−भाल करने वाले यह भूल जाते हैं कि उनके पारिवारिक उत्तरदायित्व क्या हैं?...? पारिवारिक उत्तरदायित्वों को लोगों ने यह समझ रखा है कि हम अपने कुटुम्बियों को प्रसन्न बनाने के लिए उन...
- इसका कारण समाज में प्रचलित दहेज-प्रथा, विवाह-समस्या का विस्तृत ढाँचा है?...? परन्तु इस कारण कोई अभिभावक अपने दायित्व से नहीं भागता। वह लड़की को गृह-कार्यों में दक्ष बनाने के साथ...
- इसका कुछ फल होगा?...? बेटे, कुछ फल नहीं होगा। क्यों? क्योंकि जो आदमी पाठ करने वाला है, उसके पास न संयम हैं, न ब्रह्मचर्य...
- इसका कुछ फायदा हुआ?...? नहीं हुआ। बेटे! अब जबान पर से मेरा विश्वास कम होता चला जाता है।
पचाने व हजम करने के लिए
...
- इसका क्या अर्थ है?...? पहले इसके माने बताइए, तब आगे चलिए। भज सेवायाम्—अर्थात भज् धातु सेवा शब्द से भजन बना है। सेवा करना, प...
- इसका क्या अर्थ है?...? क्या फिलॉसफी है? आप हर एक को समझाना और अपने जीवन में भी उतारना। क्या अर्थ है इसका? बेटे, इसका अर्थ य...
- इसका क्या अर्थ है?...? जो आदमी उचित को स्वीकार करेंगे और अनुचित को हटाते चले जायेंगे, वे हँस हैं। हँस मोती खाते रहते हैं।...
- इसका क्या अर्थ है?...? यह भी तुझे मालूम है कि नहीं। नहीं महाराज जी! भगवान को क्या अर्थ मालूम जो हम कह देंगे, सोई समझ जाएगा।...
- इसका क्या अर्थ है?...? इसका अर्थ यह है कि प्रकाश जब हमारी नसों में आए, नाड़ियों में आए, शरीर में आए तो नाभि में होकर आए। नाभ...
- इसका क्या अर्थ है?...? इसका अर्थ यह है कि प्रकाश जब हमारी नसों में आए, नाड़ियों में आए, शरीर में आए तो नाभि में होकर आए। ना...
- इसका क्या अर्थ होता है, यह भी मालूम है तुझे?...? यह जो तू कह रहा है, इसको कार्यान्वित कैसे किया जाएगा, यह भी तुझे मालूम है? नहीं साहब! हमें क्या मालू...
- इसका क्या अर्थ होता है, यह भी मालूम है तुझे?...? यह जो तू कह रहा है, इसको कार्यान्वित कैसे किया जाएगा, यह भी तुझे मालूम है? नहीं साहब! हमें क्या मालू...
- इसका क्या अर्थ होता है?...? इसका एक ही अर्थ होता है कि कण-कण में भगवान् विद्यमान है? और वह भगवान् कैसा है? उस भगवान् का एक ही ना...
- इसका क्या उपयोग हो सकता है?...? उसको प्राथमिकता दें। हमारी अकल ने यह अध्यात्म हमारे ऊपर लाद दिया।
अध्यात्म की कसौटी
मित्...
- इसका क्या उपाय करना चाहिए?...? ये पुस्तकीय उपायों से काम नहीं चल सकता। इसके लिए तीर-तलवार काम नहीं दे सकते। मनुष्य का सांसारिक पुरु...
- इसका क्या करूँ गा?...? बकरा तो ८० रुपये में बिकता है, हिरन १०० रुपये में बिकेगा, १२५ रुपये में बिकेगा। इसके सींग भी होते है...
- इसका क्या करेंगे?...? तेरे शरीर में करेंट छुआएँगे। अरे! मर गया-मर गया.......। यह क्या हो रहा है? बेटे! शक्तिपात हो रहा है।...
- इसका क्या कारण है?...? कारण केवल उन एक लाख मनुष्यों का श्रम, उनकी भावनाएँ और प्रयत्न हैं, जिनकी वजह से उन्होंने ईसा को, बाइ...
- इसका क्या कारण है?...? कारण केवल उन एक लाख मनुष्यों का श्रम, उनकी भावनाएँ और प्रयत्न हैं, जिनकी वजह से उन्होंने ईसा को,...
- इसका क्या कारण है?...? मनीषियों ने इसका उत्तर एक ही वाक्य में देते हुए कहा है कि अध्यात्म-क्षेत्र में श्रद्धा की शक्ति ही स...
- इसका क्या कारण है?...? उसका अन्तराल उसे बेचैन कर देता है तथा वह भाग पड़ता है। अपनी करुणा एवं दया लेकर समाज के बीच सेवा करने ...
- इसका क्या नाम है?...? इसका नाम है—तप। तप के द्वारा अध्यात्म-पथ पर हमारा शैतान, जो हमको बार-बार गिराता रहता है, इसके साथ मे...
- इसका क्या नाम है?...? इसका नाम है—समधी।
हत्यारी, डायन दहेज प्रथा
समधी किसे कहते हैं? समधी उसे कहते हैं...
- इसका क्या नाम है?...? बेटे! इसका नाम है—‘अनुदान’। अनुदान किसे कहते हैं? मित्रो! आदमी का भाग्य एवं आदमी की मेहनत के अलावा ज...
- इसका क्या नाम हैं?...? गलाई। उसके बाद अच्छी चीजें बन जाती हैं, उसे ढलाई करके नया रूप दे दिया जाता है। इसी प्रकार भगवान का ध...
- इसका क्या परिणाम होगा?...? इसका परिणाम यह होगा कि हमारे मन में यह भाव आएगा कि हमारे जीवन का जल भाप बन जाए, फैल जाए, बिखर जाए और...
- इसका क्या फल मिल सकता है?...? हम नहीं कह सकते कि कोई फल मिलता भी है या नहीं मिलता। मिला होता तो पुजारियों को जरूर मिला होता, जिन्ह...
- इसका क्या बिगड़ा है?...? यह नहीं कहेगा कि राहु का ग्रह है, अब तेरा बेटा मरा। ब्राह्मण नहीं कहेगा, यह तो चाण्डाल कहेगा। वह तो ...
- इसका क्या बिगड़ा है?...? यह नहीं कहेगा कि राहू का ग्रह है, अब तेरा बेटा मरा। ब्राह्मण नहीं कहेगा, यह तो चाण्डाल कहेगा। वह तो ...
- इसका क्या मंत्र है?...? इसका क्या मतलब है? इसका मतलब है हाथ जोड़िए तो चवन्नी मिलेगी और यों हाथ जोड़िए तीन रुपये मिलेंगे और यों...
- इसका क्या मतलब है?...? क्या पाँच सो आदमी हमारा इंटरव्यू ले रहे हैं? गुरुजी को कैसे बोलना आता है? उनकी नाक कैसी है? उनके ब...
- इसका क्या मतलब हुआ?...? मतलब एक ही हुआ कि वरदान का उपयोग खुदगर्जी के लिए किया गया और अपना सर्वनाश कर लिया। किसने? रावण ने और...
- इसका क्या मतलब हुआ?...? बेटे, दो में दो चीजें मिला दी तो चार हो गया। जोड़ का नाम है—योग। जोड़ शब्द जो है योग से बना है। तो क...
- इसका क्या मतलब हुआ?...? खूबसूरत है तो क्या, बिना खूबसूरत है तो क्या? यह संसार एक बगीचा है। इसमें सभी तरह की चीजें हैं। हमारा...
- इसका क्या मतलब है महाराज?...? यही मतलब है कि बच्चों जैसा बचकाना मनोरंजन हो जाएगा, बाकी कुछ नहीं। वह तबियत बहलाने का केवल माध्यम ...
- इसका क्या मतलब है?...? निर्देश से मतलब है कि जिस समय हम जो बात कहें, वैसे ही आपका विचार चलना चाहिए। जो हम कहें वैसी कल्पना ...
- इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब है कि आप कुछ देकर के आइए। आप लेकर के आएँगे? लेकर नहीं बेटे, देकर के आना। यह परम्परा आध्यात्...
- इसका क्या मतलब है?...? बेटे! सूर्यनारायण तो कितने लम्बे-चौड़े हैं। उनके सामने यह जो जरा-सा पानी हम गिरा रहे हैं, इससे उनको क...
- इसका क्या मतलब है?...? हमारे मस्तिष्क में से, हमारे विचारों में से ज्ञान की गंगा—विचारधारा जो प्रवाहित होनी चाहिए, वह गंगा ...
- इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब केवल इतना है कि हम मुसीबतों का स्वेच्छा से अभ्यास करें, तितिक्षा का हम स्वेच्छा से अभ्यास ...
- इसका क्या मतलब है?...? यह कि हम चाहते हैं कि हमारी बेटी जहाँ-कहीं भी जाए, उसे काम न करना पड़े। फिर कौन काम करे? खाना पकाने ...
- इसका क्या मतलब है?...? बेटे! इससे मेरा मतलब यह है कि कोई आदमी सामान्य आदमियों की तरह से ड्रामे के लिए जैसे काम करता है, तो ...
- इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब प्रत्यक्ष है कि आपको पाप करने की पूरी तरीके से छूट है और आपको भगवान के दण्ड से डरने की जरूर...
- इसका क्या मतलब है?...? कबीरदास जी इस सम्बन्ध में कहते हैं— ‘‘दास कबीर जतन से ओढ़ी, ज्यों की त्यों धर दीनी चदरिया। झीनी, झ...
- इसका क्या मतलब है?...? वे मरघट में क्यों रहते हैं? इसका मतलब है कि हमको जिन्दगी और मौत- दोनों को जोड़कर रखना पड़ेगा। जिन्दग...
- इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब यह है कि हमारा लक्ष्य है- ऐसे आदमी बनना, जो सामर्थ्यवान हो, बलवान हो, पुरुषार्थी हो। ह...
- इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब सिर्फ एक है कि भगवान से आपकी कतई जान-पहचान नहीं है। आप यह बिल्कुल नहीं जानते कि भगवान बं...
- इसका क्या मतलब है?...? हममें से और आप में से हर आदमी असंख्य समस्याओं से झुलसते हुए देखे जाते हैं। हमारे जीवन में कितनी सम...
- इसका क्या मतलब है?...? आपको हम यह अभ्यास कराते है कि आप इच्छापूर्वक मुसीबतें मोल लेने के लिए तैयार हो जाइये। स्वेच्छापूर्...
- इसका क्या मतलब है?...? हमने अपनापन सर्वत्र फैला दिया है। हमारा अपनापन हमारे लिए कितना ज्यादा आनन्ददायक है, बेटे हम यह बता न...
- इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब यही है कि किसी काम में आप जिम्मेदारी और तन्मयता को मिला सकते हों, तो फिर आप कमाल देखिए, गज...
- इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब है कि हम जब देवी-देवताओं के सामने पूजा करते हैं, तो उस पूजा करने के पीछे शिक्षण है, मार्गद...
- इसका क्या मतलब है?...? उन्होंने हमेशा मुझे इसी दृष्टि से देखा। उन्होंने कहा कि माँ कभी धोखा नहीं देती। पत्नी तो दे भी जाती ...
- इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब है कि आप कुछ देकर के आइए। आप लेकर के आएँगे? लेकर नहीं बेटे, देकर के आना। यह परम्परा आध्यात्...
- इसका क्या मतलब है?...? निर्देश से मतलब है कि जिस समय हम जो बात कहें, वैसे ही आपका विचार चलना चाहिए। जो हम कहें वैसी कल्पना ...
- इसका क्या मतलब है?...? यह कि हम चाहते हैं कि हमारी बेटी जहाँ कहीं भी जाए उसे काम न करना पड़े। फिर कौन काम करे? खाना पकाने वा...
- इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब यह है कि आप चाहे जितना दबाव डाल दीजिए आग का सिर नीचा नहीं होगा। आप दबाव डालकर देख लीजिए। च...
- इसका क्या मतलब है?...? इसका मतलब है हाथ जोड़िए तो चवन्नी मिलेगी और यों हाथ जोड़िए तीन रुपये मिलेंगे और यों हाथ जोड़िए तो ढाई र...
- इसका क्या मतलब है?...? हमारे पास इन्द्रियाँ अपने-अपने ढंग से मलीनताएँ पैदा करती हैं, जिससे हमारा स्वरूप, हमारे जीवन की श्रे...
- इसका क्या मतलब है?...? यही कि साहब उसके साथ शादी हो जाती, तो हमारा जीवन अच्छा होता। नहीं, उसके साथ आपकी शादी नहीं हो सकती, ...
- इसका क्या मतलब है?...? फिर जप करने के लिए क्यों कहा आपने? २४००० हजार जप कराने के लिए क्यों कहा? जप में हमको क्यों लगा दिया?...
- इसका क्या मतलब होता है?...? इसका मतलब होता है कि हम अपने आपमें किफायतशाली बनें। कम से कम में, न्यूनतम में, जितनी भी हमारी आवश्यक...
- इसका क्या मतलब?...? इसका मतलब यह है कि आपमें से जो पचास साल के हो गए हैं या जिनकी घरेलू जिम्मेदारी पूरी हो गई है अथव...
- इसका क्या हुआ?...? यज्ञ भगवान कहते हैं कि हम इसको बाँट देते हैं। जैसे-जैसे आया, हमने उसे तुरन्त बाँट दिया। आपने आहुति दी...
- इसका क्या हुआ?...? यज्ञ भगवान कहते हैं कि हम इसको बाँट देते हैं। जैसे-जैसे आया, हमने उसे तुरन्त बाँट दिया। आपने आहुति दी...
- इसका क्या होना है?...? इसका फैसला समाज करता था। अगर बच्चे अपंग हैं, अपाहिज हैं, अन्धे हैं, गूँगे हैं, बहरे हैं, तो इसमें से ...
- इसका क्षेत्र कितना बड़ा है?...? काम कितना वजनदार है? यह देखते हुए अंदाज आसानी से लगाया जा सकता है कि इसके लिए कितने बड़े प्रयत्न करन...
- इसका चिन्तन सुधरेगा, तो हमारे यहाँ गाँधी जी जन्म लेंगे, बुद्ध जन्म लेंगे और हमारे यहाँ जाने कौन-कौन जन्म लेंगे?...? राम जन्म लेंगे, कृष्ण जन्म लेंगे, पैगम्बर जन्म लेंगे और हमारे यहाँ ईसामसीह जन्म लेंगे। जाने कौन-कौन ...
- इसका जिम्मेदार कौन है?...? आप इसके जिम्मेदार हैं। आप जिम्मेदार हैं कि आपने वो पोषण क्यों नहीं दिया। आपने वो प्यार क्यों नहीं दि...
- इसका जिम्मेदार कौन होगा?...? जो जितना जिम्मेदार है, उसके ऊपर उतना ही ज्यादा बन्धन भी है। वह बन्धनों में बँधा हुआ है। सिपाही चाहे तो...
- इसका जीवन कहाँ से आता है?...? सामर्थ्य कहाँ से आती है? मीरा ने वो सामर्थ्य पैदा कर ली। पत्थर के माध्यम से। पत्थर को माध्यम बना लिय...
- इसका ढंग क्या है?...? वह आपका इम्तहान लेगा। हमारी इज्जत तुम्हारे हाथ मित्रो! क्या करना चाहिए? खानपान के सम्बन्ध में कभी आप...
- इसका तात्पर्य यही निकलता है कि वे सभी गणतंत्र विशाल भारत की, महाभारत की सीमा में आते थे, जो इस महायुद्ध में सम्मिलित हुए थे, अन्यथा किसी दूसरे की आग में कूदने की क्या आवश्यकता पड़ती?...? महाभारत वस्तुतः एक गृह युद्ध ही था, जिसमें बृहत्तर भारत के सभी क्षेत्र, प्रदेशों को सम्मिलित होना पड...
- इसका दूसरा नाम क्या है?...? उपासना। उपासना का एक बहुत छोटा अंग है—भजन। उपासना समग्र फिलॉसफी है। उपासना किसे कहते है? भगवान के नज...
- इसका नमूना देखना हो तो पिता को देखना चाहिए कि पिता के गुण, कर्म और स्वभाव, उसका जीवन लक्ष्य क्या है?...? मित्रो! जमीन के ऊपर ही पौधों का विकास टिका हुआ है। यदि बीज अच्छा हो और जमीन खराब हो तो ऐसी जमीन में,...
- इसका नाम कर्मयोग है और भक्ति-भावना?...? भक्ति-भावना मुहब्बत को कहते हैं, प्यार को कहते हैं प्यार भगवान को किया जाता है। उपासना भगवान की, की ...
- इसका नाम कर्मयोग है और भक्ति-भावना?...? भक्ति-भावना मुहब्बत को कहते हैं, प्यार भगवान को किया जाता है। उपासना भगवान की, की जाती है। प्रेम भगव...
- इसका नाम क्या था?...? मुण्डन-संस्कार। मुण्डन-संस्कार मित्रो! कन्या का भी करना पड़ता है और बच्चों का भी कराना पड़ता है। जब तक...
- इसका नाम क्या है?...? वासना। दूसरी इच्छा है—तृष्णा की पूर्ति। तृष्णा का अर्थ यह है कि आदमी के पास ज्यादा से ज्यादा चीजें ज...
- इसका नाम क्या है?...? इसका नाम है- तीसरा नेत्र।मित्रो! अगर हमारा तीसरा नेत्र खुल जाय तब? तब हमको आज की बात चाहे दिखाई पड़े,...
- इसका नाम क्या है?...? इसका नाम कलम लगाना कहिये, सुसंस्कारिता कहिये अथवा साधना कहिये। माली की साधना, पौधे के साथ और आपकी जी...
- इसका नाम क्या है?...? यज्ञोपवीत, जो हमारे कन्धे पर स्थापित है और शिखा? ये गायत्री मंत्र की व्याख्या है, जो हमने अपने मस्तिष...
- इसका नाम क्या है?...? यज्ञोपवीत, हो हमारे कन्धे पर स्थापित है। और शिखा? ये गायत्री मंत्र की व्याख्या है, जो हमने अपने मस्ति...
- इसका नाम क्या है?...? इसका नाम कलम लगाना कहिये, सुसंस्कारिता कहिये अथवा माली की साधना पौधे के साथ और आपकी जीवात्मा की साधन...
- इसका निवारण कौन करेगा?...? इसका निवारण वह ब्राह्मण करेगा, जिसके अन्दर करुणा है, सम्वेदना है, वही कर सकता है। अन्यथा कोई नहीं कर...
- इसका निशाना कहाँ लगेगा?...? कोई निशाना भी तो होना चाहिए। नहीं साहब! निशाने की क्या आवश्यकता, हम तो यों ही हवा में चलाएँगे। तो नि...
- इसका न्यूक्लियस कहाँ है?...? गायत्री का केन्द्र कहाँ है? केन्द्र को मैंने सारे में तलाश किया। जो जर्रा होता है, एटम होता है, हमारे ...
- इसका न्यूक्लियस कहाँ है?...? गायत्री का केन्द्र कहाँ है? केन्द्र को मैंने सारे में तलाश किया। जो जर्रा होता है, एटम होता है, हमारे ...
- इसका परिणाम क्या हुआ?...? बेटे, परिणाम यह हुआ कि दैवीय संस्कृति-दैवीय सभ्यता पनपने लगी, बढ़ने लगी।...
- इसका परिणाम क्या हुआ?...? परिणाम यह हुआ कि हमने अपने गुरु को मोल ले लिया। हमको जो आवश्यकता पड़ी है, पड़ी नहीं है, वरन् उसी के ...
- इसका परिणाम क्या हुआ?...? बेटे, परिणाम यह हुआ कि दैवीय संस्कृति दैवीय सभ्यता पनपने लगी, बढ़ने लगी।...
- इसका परिणाम क्या हुआ?...? इसका परिणाम ये हुआ कि हमारी निष्ठा, जो एक होनी चाहिए थी, अटूट और अडिग होनी चाहिए थी, वो हमारी निष्ठा...
- इसका परिणाम क्या होगा?...? कभी सोचा है कि यह दुनिया कैसे जिएगी? दुनिया के कायदे कैसे रहेंगे, दुनिया के नियम कैसे चलेंगे? दुनिया...
- इसका परिणाम क्या होगा?...? इसका परिणाम यह होगा कि हमारा अन्तरंग खोखला होता चला जाएगा। पैसा बढ़ेगा, तो हम क्या कर सकते हैं? शिक्...
- इसका परिणाम क्या होगा?...? इसका परिणति यह होगा कि हमारा अन्तरंग खोखला होता चला जाएगा। पैसा बढ़ेगा, तो हम क्या कर सकते हैं? शिक्ष...
- इसका पारावार है क्या और यदि हमारे अन्दर सन्तोष है तब?...? तब हम संसार के सबसे अमीर आदमी होंगे।
इसका मतलब यह नहीं है कि व्यक्ति को क्रियाशील नहीं रहना चाहिए...
- इसका प्रयोग आप अपने घर में नहीं कर सकते क्या?...? आप चाहें तो कर सकते हैं, ताकि आपके घर की महिलायें भी यह अनुभव करें कि वे उसी तरीके से सम्मानित सदस्य...
- इसका प्राण कहाँ है?...? ये भी कुछ मालूम है। इसका रक्त कहाँ से आता है? इसका जीवन कहाँ से आता है? सामर्थ्य कहाँ से आती है? मीर...
- इसका फल क्या हुआ?...? पाँच साल के भीतर ब्राह्मणत्व इतना विकसित हुआ कि एक और गुरु मेरे घर पन्द्रह साल की आयु में आए। यह मेर...
- इसका मकसद क्या है?...? इसका लक्ष्य क्या है? इसके अलावा कोई चीज नहीं है।
जीवन को धन्य बना लो रे
मित्रो! आज...
- इसका मतलब आप क्या समझते हैं?...? यह किस कारण से हुआ? यह उसकी मशक्कत एवं उसके पुरुषार्थ से सम्भव हुआ। पुरुषार्थ नहीं करता एवं किताबों ...
- इसका मतलब आप यह मत समझना, यह विचार मत करना कि धन समर्पित कर देंगे, तो हम क्या खाएँगे?...? नहीं बेटा! हमारा यह मतलब नहीं है, पर आपकी भावनाएँ तो होनी चाहिए। आपकी श्रद्धा तो उसमें जुड़ी होनी चा...
- इसका मतलब क्या हुआ?...? इसका मतलब हो गया-उपभोग। उपभोग करने के लिए हम जो कुछ भी उपार्जन करते हैं, वह सारा का सारा उपार्जन हमा...
- इसका मतलब क्या है?...? इसका मतलब यह है कि सामान्य में असामान्य दर्शन, नारी में शालीनता का दर्शन, नारी में पवित्रता का दर्...
- इसका मतलब क्या है?...? हमारा अस्पताल चलता है, डिस्पेन्सरी चलती है। प्याऊ चलाने से क्या मतलब है? यह आध्यात्मिक बात है। यह सन...
- इसका मतलब क्या होता था?...? उन बच्चों को संस्कारी बनाने के लिए ऋषियों के आश्रम में भेजते थे। राम-लक्ष्मण को विश्वामित्र के आश्रम...
- इसका मतलब है कि उसे तपा दिया गया है?...? तपा देने से क्या मतलब है? तपा देने से वही मतलब है, जो हम आपको इस योग साधना शिविर में सिखाना चाहते ...
- इसका मूल्यांकन बहुत दिन पीछे होगा, जब लोग समझेंगे कि गलत दिशा में जाने वाले जनसमूह को सही दिशा में लाने के लिए जो मोड़ दिया गया, उस मोड़ को देने का श्रेय किसका है और किसने ऐसा मोड़ दिया?...? यह मोड़ मानव जाति की महती सेवा है, ऐतिहासिक सेवा है।
युगनिर्माण योजना द्वारा अपने ज्ञानयज्ञ क...
- इसका मूल्यांकन बहुत दिन पीछे होगा, जबकि लोग समझेंगे कि गलत दिशा में जाने वाले जनसमूह को सही दिशा में लाने के लिए जो मोड़ दिया गया, उस मोड़ को देने का श्रेय किसका है और किसने ऐसा मोड़ दिया?...? यह मोड़ मानव जाति की महती सेवा है, ऐतिहासिक सेवा है।युगनिर्माण योजना द्वारा अपने ज्ञानयज्ञ के माध्यम ...
- इसका मैं आपको इजहार करूँगा?...? नहीं, इजहार नहीं करूँगा।
कुछ अपवादरूप घटनाएँ
मित्रो! मैं वह आदमी हूँ कि किसी आदमी ...
- इसका रक्त कहाँ से आता है?...? इसका जीवन कहाँ से आता है? सामर्थ्य कहाँ से आती है? मीरा ने वो सामर्थ्य पैदा कर ली। पत्थर के माध्यम स...
- इसका रूप कैसा है?...? इसका रूप भगवान् जैसा है। भगवान् का रूप बहुत सुंदर है। हमारा भी रूप बहुत सुंदर हो गया है। खाने-पीने...
- इसका लक्ष्य क्या है?...? इसके अलावा कोई चीज नहीं है।
जीवन को धन्य बना लो रे
मित्रो! आज आपका यह जन्म ऊँचे उद...
- इसका विस्तार हुआ या क्या हुआ?...? जब देशभर में दो हजार शक्तिपीठें बनीं। उनके उद्घाटन के लिए सन् 1980-81 में बाहर गए और सारे देश का भ्र...
- इसका शिक्षण किया जाए?...? यह शिक्षण करना मानव जाति की, समाज की सबसे बड़ी सेवा है।
साथियो ! अपने युगनिर्माण योजना के युग...
- इसका शिक्षण किया जाए?...? यह शिक्षण करना मानव जाति की, समाज की सबसे बड़ी सेवा है।साथियो! अपने युगनिर्माण योजना अपने युग-परिवर्त...
- इसका सबूत क्या है?...? गुरु द्रोणाचार्य ने एक बात बताई कि राजन्! किस आदमी का भविष्य अच्छा है या बुरा है, यह जानने का एक ही ...
- इसका सबूत देखना हो तो दृष्टि पसारकर देखिये कि कुछ हुआ है, तो आप पायेंगे कि इसी कारण से यह पचास लाख आदमी हमसे जुड़े हैं, अन्यथा इतने आदमी कहाँ से आते?...? यह हम कहाँ कहते हैं कि कुछ नहीं हुआ। ५० लाख आदमी हमारे एक इशारे पर खड़े हो सकते हैं। इतने शक्तिपीठ ...
- इसका सबूत देखना हो तो दृष्टि पसारकर देखिये कि कुछ हुआ है, तो आप पायेंगे कि इसी कारण से यह पचास लाख आदमी हमसे जुड़े हैं, अन्यथा इतने आदमी कहाँ से आते?...? यह हम कहाँ कहते हैं कि कुछ नहीं हुआ। ५० लाख आदमी हमारे एक इशारे पर खड़े हो सकते हैं। इतने शक्तिपीठ कह...
- इसका समाधान क्या है?...? समाधान यह है कि हमने भगवान की भक्ति और पूजा तो की, लेकिन पूजा और भक्ति के पीछे जिन सिद्धान्तों का ...
- इसका सम्मान तो होना ही चाहिए और स्वामी रामतीर्थ गए तब?...? उनका मैं समझती हूँ कि कहीं एकाध जगह नामोनिशान हो। ऐसा क्यों? इसलिए कि जो भी विद्वत्ता थी, जो भी उनका...
- इसका सरंजाम कौन जुटायेगा?...? इसका समाधान एक ही आधार पर होता है कि तूफान अपना रास्ता आप बनाता है। उसका साथ तिनके-पत्ते तक देते हैं...
- इसका सार अब आप समझ गए होंगे कि उन्होंने जो उपासना की, इतनी तपस्या में अपना शरीर गलाया उस का प्रतिफल क्या मिला?...? उसका प्रतिफल यह मिला कि जैसा दृष्टिकोण था, जैसा चिन्तन था उसका वैसा ही फल मिलता है। पति-पत्नी फिर खा...
- इसका सिद्धान्त कौन-सा है?...? ये मेथड कौन-सा है? अच्छा तो आप ऐसा कीजिए कि स्कूल में भरती हो जाइए। बी० ए० पास कर लीजिए, एम० ए० ...
- इसकी अपेक्षा आप स्वयं को देखें कि हम उसके तईं अपना फर्ज पूरा करते हैं कि नहीं करते हैं?...? हम अपने कर्तव्य का पालन करें
मित्रो! दूसरे आदमी अपना फर्ज पूरा करते हैं कि नहीं करते, इसक...
- इसकी आवश्यकता थी, यह समझाने के लिए कि ईमानदारी क्या चीज होती है?...? इसको अपनाने से व्यक्ति को क्या मिलता है? इससे विश्वास मिलता है, बल मिलता है।
बेटे! कांग्रेस आन्द...
- इसकी आवश्यकताएँ क्या हैं?...? आपकी इच्छा क्या हैं? अरे बाबा! एक कोने में रखो आपकी इच्छा क्या है? हम कहते हैं—अपनी इच्छा को एक कोने...
- इसकी एक उपासना-पद्धति है जिसे मैं फिर कभी समझा दूँगा कि दोनों उपासनाएँ एक प्रातःकाल की और दूसरी रात्रि को सोते समय कैसी करनी चाहिए?...? दूसरा है महापुरश्चरण, जिसमें सामूहिक उपासना मुख्य है। सामूहिक उपासना में बड़ी शक्ति है। एक समय पर एक ...
- इसकी एक ही परीक्षा है, दूसरी कोई नहीं है कि आप कठिनाइयों में सही साबित होते हैं कि नहीं?...? यह बताइए।...
- इसकी कितनी कीमत होती है?...? महीने भर में कितना खर्च करते हैं? आपके व्यक्तिगत खर्च और आवश्यकताएँ बहुत कम हैं।
साथियो! आप...
- इसकी कीमत यहीं तक सीमित है कि भगवान से यह प्रार्थना करते हैं कि हम कहाँ जाना चाहते हैं, क्या करना और किधर बढ़ना चाहते हैं?...? हमारा लक्ष्य क्या है, हमारा उद्देश्य क्या है? हमारे संकल्प क्या हैं, हम करना क्या चाहते हैं? यह अपनी...
- इसकी कीमत यहीं तक सीमित है कि भगवान से यह प्रार्थना करते हैं कि हम कहाँ जाना चाहते हैं, क्या करना और किधर बढ़ना चाहते हैं?...? हमारा लक्ष्य क्या है, हमारा उद्देश्य क्या है? हमारे संकल्प क्या हैं, हम करना क्या चाहते हैं? यह अपनी...
- इसकी क्या जरूरत थी?...? बेटा, तेरा तो सब कुछ मेरा ही है।’’ जल्दी-जल्दी में गुरुजी के लिए, मैं कुछ खरीद नहीं पाई थी, सो उनके ...
- इसकी क्या वजह है कि इतने कम लोग आते हैं?...? कुंभ में आने वालों का सफाया कैसे ही गया? जब पहले पचासों हजार आदमी आते थे अब पच्चीस हजार भी नहीं है। ...
- इसकी क्या विशेषता होती है?...? इसकी विशेषता मैंने यह सुनी है कि जो कोई उस पेड़ के नीचे जा बैठता है, उसकी इच्छाएँ पूरी हो जाती हैं। ...
- इसकी क्या विशेषता होती है?...? इसकी विशेषता मैंने यह सुनी है कि जो कोई उस पेड़ के नीचे जा बैठता है, उसकी इच्छाएँ पूरी हो जाती हैं। ...
- इसकी जगह पर अगर हम यह काम कर लें, अगर ऐसा सम्भव हो जाय, तो कैसा अच्छा रहेगा?...? बताइये आपकी क्या राय है? हाँ आप कहते हैं, तो ठीक है, पर यहाँ कुछ इंतजाम नहीं हो सका। देखिए कोशिश क...
- इसकी जरूरत है?...? हाँ, बहुत जरूरत है। अगर आप नहीं कहेंगे तो स्टेशन मास्टर को मालूम कैसे पड़ेगा कि आप कहाँ जाना चाहते ह...
- इसकी जरूरत है?...? हाँ बहुत जरूरत है। अगर आप नहीं कहेंगे तो स्टेशन मास्टर को मालूम कैसे पड़ेगा कि आप कहाँ जाना चाहते है...
- इसकी जानकारी देना शिक्षा का काम है, लेकिन हम देखते हैं कि कूड़े-कबाड़ी की तरीके से निरर्थक बातें बच्चों के दिमाग में ठूँसी जाती हैं?...? उसको जबानी याद करने के लिए मजबूर किया जाता है, जबानी याद करने की क्या बात है? व्यर्थ का ऐतिहासिक शिक...
- इसकी जो उन्नति हुई है अकल से नहीं हुई है, अकल तो कितनी है, अकल तो बहुतों में ज्यादा है, आदमी की अपेक्षा बहुत से अतीन्द्रिय क्षमता वाले जानवर हैं जिनकी अकल मनुष्य से बहुत ज्यादा है, आदमी का पुरुषार्थ का शरीर, क्या पुरुषार्थ है?...? हाथी से बड़ा पुरुषार्थ? विवेक से बड़ा पुरुषार्थ? घोड़े से बड़ा पुरुषार्थ? ज्ञानी से बड़ा पुरुषार्थ? ...
- इसकी तुलना किससे कर रहे हैं?...? इसकी तुलना बच्चा मर जाने पर शिकायतें पैदा करना शुरू कर रहे हैं। बच्चा मरने के बाद में जो शिकायतें पै...
- इसकी परीक्षा लेने के लिए उन्होंने क्या किया?...? उन्होंने यह किया कि उपहार पीछे देंगे, पहले देखें कि यह इस लायक भी है या नहीं। उन्होंने स्वर्ग की सबस...
- इसकी प्रतिक्रिया क्या हो सकती है और क्या परिणाम हो सकते हैं, आप जानते नहीं?...? जिस आदमी को जो दण्ड मिलना चाहिए, जो सजा मिलनी चाहिए, आपका क्या यह ख्याल है कि थोड़ा-बहुत पूजा-पाठ करन...
- इसकी प्रेरणाएँ क्या हैं, इसका प्रकाश क्या है?...? इसकी शिक्षाएँ क्या हैं? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बारे में किताब में छपवा रहे हैं। इसमें शिखा और स...
- इसकी प्रेरणाएँ क्या हैं, इसका प्रकाश क्या है?...? इसकी शिक्षाएँ क्या हैं? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बारे में किताब में छपवा रहे हैं। इसमें शिखा और...
- इसकी रोकथाम कैसे की जाएगी?...? सन्तुलन कैसे बिठाया जाएगा? भगवान् ने भी यह प्रतिज्ञा कर रखी थी कि हम धर्म की स्थापना के लिए और अधर्म ...
- इसकी रोकथाम कैसे की जाएगी?...? सन्तुलन कैसे बिठाया जाएगा? भगवान ने भी यह प्रतिज्ञा कर रखी थी कि हम धर्म की स्थापना के लिए और अधर्म क...
- इसकी वजह क्या है, बताइये?...? भूख की वजह से लोग नहीं मरते, वरन् लोभ की वजह से मरते हैं। दुनिया में भूख से बड़ा कौन है? दुनिया में...
- इसकी वजह क्या है?...? भगवान् ने जानवरों का शरीर इस तरह से बनाया है कि वह कभी बीमार नहीं पड़ते। यदि यह मान लिया जाए कि वाय...
- इसकी वजह क्या है?...? इसकी वजह यह है कि हमारे पास खास किस्म का ज्ञान नहीं है, जिसको हम विवेक कहते हैं। ज्ञान का अर्थ यहाँ ...
- इसकी वजह क्या है?...? " उसने कहा "भाई साहब! इसका एक ही उत्तर है कि आप समुद्र की ऊपरी सतह पर घूमते रहते हैं और समुद्र के भी...
- इसकी वजह बताइए?...? जबकि पढ़ा-लिखाकर नौकरी से लगा दिया है। शादी-ब्याह भी कर दिया है। हर दृष्टि से योग्य बना देने के बाद ...
- इसकी वास्तविकता को समझें कि यह है क्या?...? 'सोऽ' माने—भगवान और 'हम' माने—मैं। हम और भगवान दोनों एक होते हैं। भगवान हमारे भीतर प्रवेश करता है, न...
- इसकी विधि और कर्मकाण्ड में क्या फर्क है?...? क्या कमाल है? उन्होंने विधि और कर्मकाण्ड के बारे में पूछा—स्वामीजी क्या मंत्र है? कान में कह दिया उन...
- इसकी व्याख्या कैसे करें?...? ब्रह्मानन्द कैसा?
उन्हें एक उदाहरण सूझ पड़ा। बच्चे ने पूछा—समुद्र कैसा होता है? पिताजी ने ...
- इसकी शिक्षाएँ क्या हैं?...? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बारे में किताब में छपवा रहे हैं। इसमें शिखा और सूत्र के बारे में बता भी ...
- इसकी शिक्षाएँ क्या हैं?...? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बारे में किताब में छपवा रहे हैं। इसमें शिखा और सूत्र के बारे में एक हम...
- इसकी सब लोग शिकायत करते हैं, परन्तु कारण नहीं जानते कि मन इतना चंचल क्यों हो रहा है?...? कस्तूरी मृग कोई अद्भुत गन्ध पाता है और उसके पास पहुँचने के लिए दिन-रात चारों ओर दौड़ता रहता है। क्षण...
- इसके अतिरिक्त मूर्धन्य समझे जाने वाले मनुष्य का भी क्या विवेचन विश्लेषण किया जाय?...? औरों की तरह वह भी खाता, सोता और साँसें पूरी करके मौत के मुँह में चला जाता है। सामान्यतया मनुष्य की व...
- इसके अतिरिक्त हमारा आपका रिश्ता क्या है?...? हमारे यहाँ सामान की कोई खरीद-फरोख्त होती है क्या? कुछ भी नहीं है। एक ही रिश्ता है कि आपकी जीवात्मा क...
- इसके अलावा आप देख रहे हैं कि सामूहिक बलात्कार, मारकाट, चोरी, उठाईगीरी जैसे अपराध कितने बढ़ गये हैं?...? बहुओं को जलाया जा रहा है। इस प्रकार के काण्ड आप लोग रोज देखते तथा पढ़ते रहते हैं ऐसा वातावरण आपने पहल...
- इसके अलावा और क्या कहें आपको?...? हम आप में से जो पुराने कार्यकर्ता हैं और जो नए आ रहे हैं, उन्हें बहुत प्यार करते हैं और हमेशा करते र...
- इसके अलावा भी कुछ होता है तीर्थ?...? नहीं भाईसाहब! यह तो बिल्कुल उपक्रम है। असली बात तो तीर्थ की अलग होती है। उसमें ज्ञानगंगा बहती है, जह...
- इसके अलावा हमने कितने यज्ञ किये थे?...? सौ-सौ कुण्डीय यज्ञ किये और कितने-कितने कुण्डीय यज्ञ हवन कराये हैं? सबका-जिन्दगी भर का हिसाब लगा ली...
- इसके आशीर्वाद कितने हैं?...? बेटे, इसके इतने आशीर्वाद हैं कि देवी- देवता हमें क्या दे पायेंगे? गणेशजी जी, शिवजी, हनुमान् जी क...
- इसके उपरान्त चौथा चरण यह है कि जो उपलब्ध है, उसे किस प्रयोजन के लिए किस अनुपात में, कहाँ लगाया जाय?...? उपलब्धियों का महत्त्व तभी है जब वे सत्प्रयोजन में लग सकें, अन्यथा दुरुपयोग अपव्यय ही चलता रहे तो सम्...
- इसके कल-पुर्जे कितने नियामत भरे है?...? इसकी महत्ता का पता आपको लग जायेगा। लेकिन इसकी कीमत ज्ञान न होने के कारण यह कैसे हो गया कि यह बीमार...
- इसके कल-पुर्जों की कीमत इतनी बड़ी है कि अगर इन्हें लैबोरेटरी में रखा जा सके और इसको नीलाम किया जा सके, तो इनसान का शरीर कितना कीमती है?...? इसके कल-पुर्जे कितने नियामत भरे है? इसकी महत्ता का पता आपको लग जायेगा। लेकिन इसकी कीमत ज्ञान न ह...
- इसके कहने की शैली बोलने का तरीका कैसा था?...? यह कौन सुनता है? कान सुनते हैं। कानों में भी एक जायका होता है और आँखों में भी एक जायका होता है। आँ...
- इसके कितने पहलू हैं, कल हमने इस बारे में बताया था और फिर आज बताएँगे कि इसके क्या परिणाम आ लेते हैं?...? हम अपने जवान कुटुम्ब से क्या कराना चाहते थे और क्या करा सकते हैं? क्या सम्भावना है? हाँ, सौ फीसदी संभा...
- इसके जब दाँत उखड़ जायेंगे, तो यह बूढ़ा होगा या बच्चा कहलायेगा?...? साहब! वह बच्चा ही कहलायेगा। बेटे, उम्र से कोई फरक नहीं पड़ता है। अन्तर होता है तो मनुष्य की मनोवृत्ति...
- इसके द्वारा न जाने क्या-क्या खाते रहते हैं?...? दिनभर बकरी की तरह से आपका मुँह चलता रहता है, जबकि यह कहा गया है कि बिना कड़ी भूख लगे मनुष्य को कुछ भी...
- इसके द्वारा हम ऐसी शक्ति इकट्ठी कर लेते हैं कि उसका क्या कहना?...? मैस्मेरिज्म करने वाले इसी ध्यान-शक्ति के सहारे चमत्कार दिखाते हैं। किसी को सम्मोहित या बेहोश कर देते...
- इसके निवारण के लिए क्या करना चाहिए?...? परशुराम जी उत्तरकाशी गए और वहाँ भगवान शिव का तप करने लगे। तप करने के पश्चात् भगवान शंकर ने उन्हें एक...
- इसके निवारण के लिए क्या करना चाहिए?...? परशुराम जी उत्तरकाशी गए और वहाँ भगवान शिव का तप करने लगे। तप करने के पश्चात् भगवान शंकर ने उन्हें एक...
- इसके पंख हैं, ये हाथ-पाँव क्या है?...? ये तो पंख हैं तो फिर असली आदमी कहाँ है? असली आदमी की शक्ति कहाँ है? ये बेटे, मेरुदण्ड में रीढ़ की हड्...
- इसके पास इतनी सम्पत्ति है, क्या करें?...? सम्पत्ति है, बनी रहेगी। उनके पास सम्पत्ति है, तो उस सम्पत्ति से हमें क्या करना? हमें तो जो भगवान ने ...
- इसके पास पैसा था पहले और वो जमीन में रखा था, काम नहीं आ रहा था और जो चीज काम में नहीं आ रही थी, वो किसी और के काम में आ जाए, तो बेकार में ये क्यों चिल्लाता है और क्यों रोता है?...? सेठ ने बहुत समझाया हम पैसे वाले थे, इसे हमने कमाया था, व्यापार में कमाया था और हमारा पैसा और कोई क्य...
- इसके पास बच्चियों को नहीं भेजा जाएगा?...? वह बेचारा ढूँढ-ढूँढकर थोड़ी-बहुत लड़कियों को ले आता। लोगों ने कहा कि बिना मतलब के कोई कुछ नहीं करता।...
- इसके पीछे क्यों लाठी लेकर पड़ा हुआ है?...? इसकी सारी ग्रीस को तबाह करने और निचोड़ने के लिए क्यों आमादा हो गया है? आत्म हत्या करने के लिए क्यों...
- इसके पीछे शिक्षा के बारे में कोई जानकारी नहीं दी कि शिखा क्या है और उसके पीछे क्या जिम्मेदारियाँ हैं?...? यज्ञोपवीत क्यों पहनाई जाती है और ये क्या याद दिलाती है? जनेऊ पहना तो दिया, आपने जनेऊ पहनाने की दक्षि...
- इसके पीछे शिखा के बारे में कोई जानकारी नहीं दी कि शिखा क्या है और उसके पीछे क्या जिम्मेदारियों हैं?...? यज्ञोपवीत क्यों पहनाई जाती है और ये क्या याद दिलाती है? जनेऊ पहना तो दिया आपने, जनेऊ पहनाने की दक्षि...
- इसके फटे हुए हिस्सों को सिल क्यों नहीं लेतीं?...? ’’ प्रश्न ने उसके अतीत-वर्तमान को, आर्थिक अभावों को एक साथ कुरेद दिया। गहरे घावों को छू लेने पर जैसी...
- इसके बन्धन में बँधने से पहले 'अहम्' था और बाद में भी बना रहेगा, जब अपने को पृथक् करके उनका परीक्षण कर सकते हो, तो क्या कारण है कि एक ही झटके में उठाकर अलग नहीं फेंक सकोगे?...? ध्यान देने योग्य बात यह है कि तुम इस बात का अनुभव और विश्वास कर रहे हो कि 'मैं' बुद्घि और इन शक्तियो...
- इसके बदले उन्हें क्या मिला?...? उसका विवरण तो वे स्वयं ही बता सकते हैं, पर उपर्युक्त साधनाओं को निश्चित रूप से विश्वासपूर्वक नवधा भक...
- इसके बाद इसकी परिणति क्या हो सकती है?...? इसका अनुमान तक अदूरदर्शी लोग लगा नहीं पाते, आँखें रहते हुए भी यह अन्धे जैसी स्थिति है। जिनका स्वभाव ...
- इसके बाद इसे बजा फिर देख किस तरीके से इसमें से कैसी-कैसी सुरलहरी निकलती है, तरंगें निकल सकती हैं?...? कैसी-कैसी ध्वनि निकल सकती हैं? जिन पर तू थिरकने लगेगा और नाचने लगेगा तो महाराज जी यह कैसे बजेगा? बेट...
- इसके बाद कौन आ गए?...? गाय-बछड़े वाले। अरे भाई! किसको वोट देंगे? जो आपकी पार्टी है, उसी को वोट देंगे। गाय का दूध हमारा बच्च...
- इसके बाद कौन आ गए?...? गाय बच्चे वाले। अरे भाई! किसको वोट देंगे है जो आपकी पार्टी है, उसी को वोट देंगे। गाय का दूध हमारा बच...
- इसके बाद क्या होना है?...? इसके बाद आप देखेंगे कि जिसे हम इक्कीसवीं सदी कहते हैं, उसमें विशाल भारत, जो महाभारत काल में बना था, ...
- इसके बाद भी एक अतिरिक्त आवश्यकता भी अपने स्थान पर यथावत बनी रहती है कि विशेष अभिरुचि आवश्यकता पूर्ति के लिए अभीष्ट ज्ञान सम्पादन किस प्रकार हो?...? इसके लिए विशिष्ट स्तर के पाठ्यक्रम चलाने वाले विशिष्ट विद्यालयों की व्यवस्था होनी चाहिए।...
- इसके बाद ये करने को तैयार हो जाइए, फिर आप देखिये क्या-क्या होता है?...? फिर आप देखिये कैसा मजा आता है? भगवान की मर्जी तो पूरी कीजिये, फिर देखिये आपको कुछ मिलता है क्या? अभी...
- इसके बारे में गायत्री मंत्र की गरिमा को, स्वरूप को और उसकी महत्ता को, महिमा को समझना पड़ेगा कि गायत्री मंत्र से क्या हो सकता है?...? ठीक तरह से इसका उपयोग किया जा सके, फिर मैं आपसे कहता हूँ कि यदि ठीक तरह से उपयोग न किया जा सका तो बे...
- इसके बिना अध्यात्म का पूरा लाभ नहीं मिल सकेगा और दुनिया के सामने हम सिर ऊँचा उठा कर यह नहीं कह सकेंगे कि हम ऐसी शक्ति के उपासक हैं जो अपनी उँगली के इशारे से सारी दुनिया को हिला सकती है तो गलती और चूक कहाँ हो गई?...? चूक और गलती वहाँ हो गई जहाँ भगवान शिव और पार्वती का असली स्वरूप हमको समझ में नहीं आया। उसके पीछे जो ...
- इसके बिना अध्यात्म का पूरा लाभ नहीं मिल सकेगा और दुनिया के सामने हम सिर ऊँचा उठाकर यह नहीं कह सकेंगे कि हम ऐसी शक्ति के उपासक हैं जो अपनी उँगली के इशारे से सारी दुनिया को हिला सकती है, तो गलती और चूक कहाँ हो गई?...? चूक और गलती वहाँ हो गई, जहाँ भगवान शिव और पार्वती का असली स्वरूप हमको समझ में नहीं आया। उसके पीछे जो...
- इसके बिना जायका ही क्या?...? यह बुरी आदत जान-बूझकर डाली गई है। संसार के अनेक क्षेत्र इन दिनों भी ऐसे हैं जहाँ खारी नमक का उपयोग प...
- इसके महत्त्व पर प्रकाश डालते हुए कार्य पद्धति पर प्रकाश डालें?...? (६) ज्ञानयज्ञ का प्रयोजन समझाइए? (७) युग निर्माण योजना द्वारा किस प्रकार के विचार प्रसारित किये जाते...
- इसके लिए कदाचित नया पाठ्यक्रम ही बनाना या छपाना पड़े?...? नोट लिखकर भी ऐसी शिक्षा अनुभवी शिक्षक इन जानकारियों की दे सकते हैं। जिस-जिस पुस्तक के कुछ अध्याय भ...
- इसके लिए आदमी को थोड़े ऊँचे स्तर पर बैठकर विचार करना होता है और यह देखना पड़ता है कि इन्सान की गरिमा, इन्सान की महत्ता की सुरक्षा किस तरीके से की जाय?...? उसके लिए क्या करना चाहिए? बस इसी का नाम विद्या है और अगर किसी को विद्या मिल जाय तब? तब वह धन्य हो ज...
- इसके लिए आप अपने गुण, कर्म और स्वभाव में शालीनता का समावेश करने के लिए ऐसी (ग) गतिविधियाँ क्या अपनाएँगे जो आपके संस्कारों के रूप में परिणित (बन) सकें?...? जप से संस्कार नहीं बनते। रामायण पाठ से संस्कार थोड़े ही बन जाएँगे कोई। पूजा के साथ-साथ में आपको कुछ ...
- इसके लिए आप अपने गुण, कर्म, और स्वभाव में शालीनता का समावेश करने के लिए ऐसी गतिविधियाँ क्या अपनायेंगे, जो आपके संस्कारों के रूप में परिणत सकें?...? जप? नहीं, जप से संस्कार नहीं बनते, रामायण पाठ से भी संस्कार थोड़े ही बन जाएँगे। पूजा के साथ-साथ में आ...
- इसके लिए आप क्या करेंगे?...? आपके दिमाग और आपके अन्त:करण में एक सलाई डालेंगे और तीन तरीके से आपकी परीक्षा करेंगे और देखेंगे कि आपक...
- इसके लिए आप क्या काम करेंगे?...? एक सुव्यवस्थित प्रशिक्षण तंत्र घर में रह करके ही आपको विकसित करना होगा। मैनेजमेण्ट—सुव्यवस्था का प्र...
- इसके लिए आप समाज में कहाँ-कहाँ जायेंगे, जरा बताइए?...? किसके-किसके पास जायेंगे और कौन-कौन आपका कहना मानेगा? आप बताइए। फुरसत तो मिलती नहीं है। आप अपने घर मे...
- इसके लिए आपकी तलवार चाहिए?...? भवानी ने कहा—ले बेटे, अभय तलवार। भवानी ने अभय तलवार दी थी, जिसके द्वारा वे लड़ने में सफल हो गए, जो आ...
- इसके लिए आपको क्या करना चाहिए?...? आपको भगवान् की उपासना करनी चाहिए। भगवान् की उपासना क्या होती है? भगवान् के समीप जा बैठना। भगवान् क...
- इसके लिए आपको क्या करना चाहिए?...? चौबीसों घण्टे आपको ध्यान रखना चाहिए। क्या ध्यान रखना चाहिए? कि हमारा जीवन किस तरीके से ठीक बन सकता ह...
- इसके लिए आपको क्या करना चाहिए?...? चौबीसों घण्टे आपको ध्यान रखना चाहिए। क्या ध्यान रखना चाहिए? कि हमारा जीवन किस तरीके से ठीक बन सकता ह...
- इसके लिए आपको क्या करना पड़ेगा?...? आपको अपने चिन्तन को दूसरे रूप में बदल देना पड़ेगा। तब क्या करना पड़ेगा? गायत्री की प्रेरणाओं, गायत्री...
- इसके लिए आपको लोगों के रास्ते से हट करके, अलग खड़े हो करके नये ढंग से विचार करना चाहिए कि हमारे लिए क्या मुनासिब है और क्या मुनासिब नहीं है?...? आपका भविष्य किन बातों से बनता है और किन बातों से नहीं बनता है? अगर आप यह बात तय करने लगेंगे, तो मैं...
- इसके लिए इस कार्य का शिक्षण करने के लिए जिन संस्थाओं की आवश्यकता है, उन संस्थाओं का नाम व्यायामशाला नहीं हो सकता क्या?...? हाँ हो सकता है। व्यायामशाला, इसमें जरूरी नहीं है कि दण्ड बैठक ही लगाया जाए अनेक तरह के खेलकूद हो सकते...
- इसके लिए उनका आत्मिक और बौद्धिक स्तर कितना ऊँचा रहा होगा, उनका चिन्तन और दृष्टिकोण कितना विशाल रहा होगा, यह कोई कहने की बात नहीं?...? क्या किसी अशिक्षित नारी में यह गुण हो सकते हैं? शकुन्तला अशिक्षित रहकर भरत बना सकती थी क्या? गार्गी ...
- इसके लिए उन्होंने अपने में किस स्तर की क्षमता एवं आदर्शवादिता को विकसित किया?...? यही इस रचना का मूल उद्देश्य है। विश्व सेवा की दिशा में किये गये पूर्वजों के महान प्रयास हमारे लिए ...
- इसके लिए उसका अनुदान कितना है?...? अब नारद जी ने भगवान से कहा—महाराज जी! जरा देखिए तो सही, वह पागल सन्त आप से बड़ा है कि नहीं? उन्होंने क...
- इसके लिए कार्यक्षेत्र कहाँ हो व्यक्तित्व के विकास करने का?...?...
- इसके लिए किस शक्ति का सहारा लिया जाना चाहिए?...? उन्होंने यह कहा कि भवानी शंकर की वंदना करनी चाहिए और उनकी सहायता लेनी चाहिए। उनकी शक्ति के बिना इतना...
- इसके लिए किस शक्ति की सहायता लेनी चाहिए?...? उन्होंने यह कहा कि भवानी-शंकर की वंदना करनी चाहिए और उनकी सहायता लेनी चाहिए। उनकी शक्ति के बिना इतना...
- इसके लिए किसका उत्तरदायित्व है?...? इस समाज का है और किसका है। पर आप संकल्प ले सकते हैं कि हम न दहेज लेंगे और न दहेज देंगे, चाहे हमारी ब...
- इसके लिए कोई-न-कोई काम करने के लिए जगह होनी चाहिए ना?...? प्रयोगशाला होनी चाहिए ना? तैरने के लिए तालाब होना चाहिए ना? पढ़ने के लिए कोई विद्यालय होना चाहिए ना? ...
- इसके लिए कौन आए और कहाँ से आए?...? यह सब उनकी धर्मपत्नी करती है। घर में उसकी सहायता के लिए एक बूढ़ी माँ होती है। पिता जी बुड्ढे हो जाते ...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? आपको अपनी क्षुद्रताओं से लड़ना पड़ेगा। आपको अपनी क्षुद्रताएँ घटानी पड़ेंगी और अपनी महानताएँ बढ़ानी पड़े...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? इसके लिए एक ही काम कर सकते हैं कि आप अपनी उपासना को प्राणवान बनाइए। प्राण किसे कहते हैं? प्राण उ...
- इसके लिए क्या करना चाहिए?...? आपको सिर्फ एक काम करना चाहिए था-अपने कषाय-कल्मष को धोकर साफ कर लेना चाहिए था। यही दो रुकावटें हैं-...
- इसके लिए क्या करना चाहिए?...? बेटे, इसके लिए खुराक चाहिए। अगर आपके दिमाग को खुराक नहीं मिलेगी, तो दिमाग में चक्कर आने लगेंगे और दू...
- इसके लिए क्या करना चाहिए?...? आप सब लोगों को इसके लिए ये प्रतिज्ञाएँ करनी चाहिए, अभिभावकों को ये प्रतिज्ञाएँ करनी चाहिए कि ‘‘हम अप...
- इसके लिए क्या करना पड़ा?...? उन्होंने एक काम किया था, तप किया था और तप से वातावरण को गरम किया था। जब तक देश का वातावरण गरम रहा, त...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? इन सारे प्रश्नों पर गम्भीरता से हम और आप विचार करें।आमतौर से कल्प साधना के बारे में यह भ्रम फैला हुआ ...
- इसके लिए क्या करना पड़ा?...? उन्होंने एक काम किया था तप किया था और तप से वातावरण को गरम किया था। जब तक देश का वातावरण गरम रहा, तब...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? अपने आप को सौंपना पड़ेगा और क्या करना पड़ेगा। भगवान को बहकाना, फुसलाना और अपनी मरजी पर चलाना बन्द करना ...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? इसके लिए आप अपने जीवनक्रम मे थोड़ा-सा हेर-फेर कर दें और भगवान को अपने जीवन में हिस्सेदार बना लें। हमन...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? इन सारे प्रश्नों पर गम्भीरता से हम और आप विचार करें।
आमतौर से कल्प-साधना के बारे में यह भ्रम फै...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? सौंपना पड़ेगा अपने आपको। उनको बहला-फुसला सकते हैं, ऐसा मत सोचिए; कहना तो आपको ही मानना पड़ेगा। समर्पण ...
- इसके लिए क्या करना होगा?...? बेटे! यही तो मैं आपसे निवेदन कर रहा था कि किस तरह से ये सारी की सारी प्रक्रियाएँ यज्ञ से सम्बन्धित हैं...
- इसके लिए क्या करना होगा?...? उसे भी संक्षेप में कहा जा सकता है। इसके लिए तीन सिद्धान्त सूत्रों को समझने अपनाने भर से काम चल जायेग...
- इसके लिए क्या करना होगा?...? इसके बारे में गायत्री मंत्र की गरिमा को, स्वरूप को और उसकी महत्ता को, महिमा को समझना पड़ेगा कि गायत्र...
- इसके लिए क्या करें?...?...
- इसके लिए क्या करें?...? ‘‘मातृवत् परदारेषु’’, ‘‘लोष्ठवत् परद्रव्येषु’’, ‘‘आत्मवत् सर्वभूतेषु।’’ ये तीन आधार हैं, ये तीन कसौट...
- इसके लिए क्या तैयारी करनी पड़ेगी?...? एक तैयारी यह करनी पड़ेगी कि आपको नए ढंग से अपनी जिन्दगी पर विचार करना शुरू करना होगा।
क्या ...
- इसके लिए क्या-क्या चीज चाहिए?...? कागज, ब्रुश, रंग। लीजिए बनाइए चित्र। किसके लिए बनाएँ? हमारी अखण्ड ज्योति के लिए बनाइए। गुरुजी! आप तो...
- इसके लिए क्या-क्या चीज चाहिए?...? कागज, ब्रुश, रंग। लीजिए बनाइए चित्र। किसके लिए बनाएँ? हमारी 'अखण्ड ज्योति' के लिए बनाइए। गुरुजी! आप ...
- इसके लिए जिन लोगों को संकोच सा लगता है, झिझक लगती है, अपनी तौहीन समझते हैं कि हमारी इतनी बड़ी उमर हो गई और हम बच्चों के तरीके से पढ़ने क्या जाएँ?...? रात्रि पाठशाला की उपयोगिता उनके पास जाकर के एक सभा-मीटिंग के रूप में बुला करके और अच्छे तरीके से समझ...
- इसके लिए न जाने क्या-क्या पहनती हैं और न जाने क्या से-क्या करती हैं?...? इज्जत के बारे में यह बात कल हमने बताई थी। आदमी को इज्जत दिलाने में भी हम शानदार काम करते हैं। अभी हम...
- इसके लिए बेइमानी से पैसा कमाने के अलावा और क्या तरीका हो सकता है?...? ईमानदार व्यक्ति के लिए घर की सारी जमा पूँजी स्वाहा करने के बाद भी एक कन्या के विवाह का सरंजाम जुटाना...
- इसके लिए भौतिक क्षेत्र को आदर्शों के साथ जोड़ने पर क्या परिणाम निकल सकता है, इसकी खोजबीन करने का काम दूसरों के जिम्मे छोड़कर इन पंक्तियों के लेखक ने अपनी अभिरुचि, जानकारी एवं रुझान के अनुरूप यही उपयुक्त समझा कि वह अपने छोटे-से जीवन और थोड़े-से समय, साधन का उपयोग इस प्रयोजन विशेष के लिए कर गुजरे कि जब शरीर से प्राण श्रेष्ठ है तो फिर भौतिक-सम्पदा की तुलना में प्राण चेतना को वरिष्ठता का गौरव क्यों न प्राप्त होना चाहिए?...? अगले दिनों सतयुग की वापसी के लिए नए सिरे से नया प्रयत्न क्यों न होना चाहिए? खोज के लिए प्रयोगशाला चा...
- इसके लिए मुर्दे की खोपड़ी को देखा कीजिए, जिसको आप हर बार क्रीम लगाते हैं, पाउडर लगाते हैं और जिसकी शक्ल आप बार-बार शीशे में देखते रहते हैं; उसका असली स्वरूप क्या है?...? जरा एक खोपड़ी को देखिये और आपके गले में, आपके हृदय में वो खोपड़ी भी रहनी चाहिए और आपके शरीर के ऊपर मुर...
- इसके लिए यदि हमारे जीवन मूल्य जिम्मेदार नहीं हैं तो क्या कारण है कि भारतीय नारी को घर की चहारदीवारी में ही अपना सारा जीवन व्यतीत करना पड़ता है और क्यों परमुखापेक्षी रहना पड़ता है?...? यह स्थिति भारतीय संस्कृति के और भारतीय जीवन मूल्यों के कारण नहीं बनी है, बल्कि देश, काल और समाज में ...
- इसके लिए यही उपयुक्त लगा कि जिस प्रकार अनेक वैज्ञानिकों ने पूरी-पूरी जिंदगियाँ लगाकर अन्वेषण कार्य किया और उसके द्वारा समूची मानव जाति की महती सेवा सम्भव हो सकी, ठीक उसी प्रकार यह देखा जाना चाहिए कि पुरातन काल से चली आ रही ‘‘साधना से सिद्धि’’ की प्रक्रिया का सिद्धान्त सही है या गलत?...? इसका परीक्षण दूसरों के ऊपर न करके अपने ऊपर किया जाए। यह विचारणा दस वर्ष की उम्र से उठी एवं पन्द्रह व...
- इसके लिए ये कार्य का शिक्षण करने के लिए जिन संस्थाओं की आवश्यकता है, उन संस्थाओं का नाम व्यायामशाला नहीं हो सकता क्या?...? हाँ हो सकता है।सर्वोपयोगी व्यायामशालाव्यायामशाला, इसमें जरूरी नहीं है कि दण्ड बैठक ही लगाया जाय अनेक...
- इसके लिए वे विचार करने लगें कि क्या करना चाहिए?...? अन्त में फैसला हुआ कि अयोध्या से लंका की तुलना में एक ऐसा मोरचा खड़ा करना चाहिए, जो अनीति से लोहा ले स...
- इसके लिए साधन?...? हाँ, इसके लिए साधन भी मिल सकते हैं। कहाँ से मिलेंगे? उसी स्त्रोत से मिलेंगे। शर्त ये है कि अपने आपको...
- इसके लिए सुबह से ही उठकर टाइम टेबल बना लेना चाहिए कि आज आप क्या करेंगे, कैसे करेंगे और क्यों करेंगे?...? क्रिया के साथ में आप चिन्तन को जोड़ दीजिए। चिन्तन और क्रिया को जोड़ देते हैं, तो दोनों से एक समग्र स्व...
- इसके लिए ही जन्म मिला था क्या?...? जिस काम के लिए जन्म मिला था, वही किया गया? पेट के लिए जितनी जरूरत थी, उससे ज्यादा कमाते रहे क्या? कु...
- इसके लिये आदमी को थोड़ा ऊँचे स्तर पे बैठ करके विचार करना होता है और यह देखना पड़ता है कि इन्सान की गरिमा और इन्सान की महत्ता की सुरक्षा किस तरीके से की जाय?...? इसके लिये क्या करना चाहिए, बस इसी का नाम विद्या है। अगर विद्या किसी को मिल जाये तब, तब फिर वे धन्य ह...
- इसके लिये क्या करना पड़ता है?...? बेटे! इसके लिये तप करना पड़ता है। पार्वती जी ने तप किया था। भगीरथ, ध्रुव, प्रहलाद को तप करना पड़ा था, ...
- इसके विपरीत अपराधी प्रवृत्ति के मनुष्यों की जीवनी से पता चलता है कि उनका बाल्यकाल किस प्रकार कुण्ठाओं से ग्रस्त था, अव्यवस्थित था?...? बच्चे भावी समाज की नींव होते हैं। जिस प्रकार की नींव होगी, उसी के अनुरूप महल या भवन का निर्माण किया ...
- इसके साथ क्यों आ गईं?...? अच्छा तो फिर क्या करूँ? हमारे घर चल। हमारे यहाँ मकान है, भैंस दूध देती है, सोने-चाँदी के जेवर पहना द...
- इसके साथ ही यह सोच रहे हैं कि हमें यह फायदा कैसे हो जाए, यह फायदा हो जाए?...? मित्रो, मैं यह कहना चाहता हूँ कि यह विशेष समय है, इसे पहचानने की कोशिश करें। अगर आपकी आँखें हैं तो द...
- इसके साथ ही यह सोच रहे हैं कि हमें यह फायदा कैसे हो जाए, वह फायदा कैसे हो जाए?...? हमारे बच्चे कैसे ऑफीसर बन जाएँ, ताकि अधिक पैसा कमा सकें। इस मामले में आप बहुत समझदार आदमी हैं, परन...
- इसको अध्यात्म में क्या कहते हैं?...? बहादुरी। अध्यात्म का नाम है—बहादुरी, शूरवीरता, जिसमें कि आदमी को लड़ाई लड़नी पड़ती है। किसके साथ? अपन...
- इसको अपनाने से व्यक्ति को क्या मिलता है?...? इससे विश्वास मिलता है, बल मिलता है।
बेटे! कांग्रेस आन्दोलन में उनके पास लाखों रुपये रहते थे। यहा...
- इसको कहाँ से उठा लाया?...? चल और किसी को बहकाना। माताजी को बहकाने आया है। उसने सही बात बता दी कि चार सौ का है। मैं तो कह रही हू...
- इसको कैसे रोकें?...? तो उन्होंने जो उपाय बताए. उनके नाम हैं—वैराग्य और अभ्यास।
मन को काबू करने के उपाय
मह...
- इसको कैसे रोकें?...? तो उन्होंने जो उपाय बताए उनके नाम हैं-वैराग्य और अभ्यास। मन को काबू करने के उपाय महाराज जी! वैराग्य ...
- इसको कौन ठीक करेगा?...? मुहल्ले वाला? मुहल्ले वाला नहीं करेगा। आपके भीतर किसी को घुसने की गुंजाइश नहीं है। आप ही अपने घर में...
- इसको कौन पूरा करेगा?...? बेटे! आपके साथ हम हैं, हम पूरा करेंगे और आप पूरा करेंगे। आप लोग जो बैठे हैं, जिनको कि हम बुद्धिजीवी ...
- इसको कौन-सी संस्कृति कहेंगे?...? इसे चाहे इनसानी कहिए, मानवीय कहिए, इसी को पुराने लोग भारतीय संस्कृति कहते हैं। वास्तव में यह मानवी...
- इसको क्या करना पड़ेगा?...? इसको बेटे! उसी तरह से अलग करना पड़ेगा, जैसे कि लोहे को मिट्टी से अलग करना पड़ता है। अगर आप यह प्रक्र...
- इसको क्या करना पड़ेगा?...? इसको बेटे! इसी तरह से अलग करना पड़ेगा, जैसे कि लोहे को मिट्टी से अलग करना पड़ता है। अगर आप यह प्रक्रिय...
- इसको क्या कहें?...? आपसे क्या अनुरोध है? यह कि हम तो सारी जिन्दगी के लिए चले आए। मरेंगे तो भी हम इधर ही कहीं मरेंगे, लेक...
- इसको क्या कहें?...? आपसे क्या अनुरोध है? यह कि हम तो सारी जिन्दगी के लिए चले आये। मरेंगे तो भी हम इधर ही कहीं मरेंगे, ले...
- इसको क्या कहेंगे?...? आपत्तिकाल। आज का समय ऐसा ही आपत्तिकाल है। इसमें आपत्तिधर्म निबाहने के लिए आप सबको तैयार रहना चाहिए। ...
- इसको गति देने से क्या लाभ है?...? इससे बेटे ! इतना लाभ कि जो विभीषिकाएँ छाई हुई हैं, जो प्रदूषण है, उसको समाप्त करने में यह सहायक होगा...
- इसको ठीक करने के लिए भगवान् किस रूप में आयेंगे?...? आज की समस्या बेअकली की है। बेअकली का निवारण करने के लिए काँटे को काँटे से निकाला जायेगा। कुएँ में डू...
- इसको देखने में तो कोई खास बात नहीं है - आपको अमुक काम करने से नमक का क्या ताल्लुक है?...? और आप शक्कर नहीं खाएँगे तो (क्या) क्या बात बन जाएगी? और आपने घी खाना बन्द कर दिया है तो (कौन) कौन (जब...
- इसको बनाने और चलाने वाला कौन था?...? अन्ना साहब। व्यायाम प्रशिक्षक अन्ना साहब अभी जिन्दा है।...
- इसको बनाने का एक ही तरीका है कि आप जीवन में यह निश्चय कीजिए कि आपको क्या बनना है?...? ऊँचाई के रास्ते पर चलने के लिए आपको क्या बनना है? आपको लोकहित करना है या आपको भगवान का भक्त बनना है?...
- इसको सुनकर वैकुंठ को जाएँगे?...? नहीं जाएँगे।
वाणी में हो प्राण
मित्रो! एक बार सुन लीजिए, हमारी बात सुन लीजिए कि यद...
- इसको स्नान कराने से कुछ काम बन सकता है?...? हाँ बेटे! इसको स्नान तो कराना चाहिए, इसका खंडन मैं नहीं करता, पर मैं यह कहता हूँ कि जिनका स्नान करान...
- इसको स्नान कराने से कुछ काम बन सकता है?...? हाँ बेटे! इसको स्नान तो कराना चाहिए इसका खंडन मैं नहीं करता, पर मैं यह कहता हूँ कि जिनका स्नान कराना...
- इसको हम क्या करें?...? खा लीजिए। ये तो मुश्किल है, छह चावल तो हमारी दाढ़ी में चिपके रह जाएँगे। पेट कैसे भरेगा? और गणेश जी का...
- इसको हम क्या करें?...? खा लीजिए। ये तो मुश्किल है, छह चावल तो हमारी दाढ़ी में चिपके रह जाएँगे। पेट कैसे भरेगा? और गणेश जी का...
- इसको हम क्या कहते हैं?...? इसका नाम है—एकाग्रता। एकाग्रता किसे कहते हैं? जिसे आप बार-बार कहते हैं कि हमारे मन का निग्रह कीजिए, ...
- इसको हमने ढूँढ़-ढूँढ़ करके, मोतियों को ढूँढ़-ढूँढ़ करके, कितनी डुबकी लगा करके कहाँ-कहाँ से इकट्ठा किया है और आपको किसलिए इकट्ठा किया है, और आपको (कि) किसलिए कल्प साधना में बुलाया है?...? (ता) ताकि आप भगवान के ऊपर इतना एहसान करने में समर्थ हो सकें कि आपका एहसान भगवान कभी नहीं भूलें। भगवा...
- इसको हमें लेने का क्या अधिकार था?...? किसी का आशीर्वाद माँगने का हमको क्या अधिकार था? ठीक है, लोगों ने दिया। देने वाले बधाई के पात्र हैं...
- इसने पैसा कमाया और इतनी बड़ी इमारत खड़ी कर ली और देख कैसा बढ़िया सोफा है और क्या बढ़िया बिजली के पंखे चलते हैं?...? आ, तू भी ऐसा ही कर, आ जा चुपके से, क्या-क्या करना पड़ा था? ऐसे ही मकान बना लिया। दीवार चुपचाप खड़ी...
- इसमें क्या रह गया है?...? ‘तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि’ में एक शब्द ‘धीमहि’ माने धारण करने को कहते हैं। अभी जो आपसे...
- इसमें क्या हम बैठे रहेंगे?...? नहीं, हम आपके साथ एक स्वयंसेवक की तरीके से काम करेंगे। बेटे आप ऐसा ही करना, इससे ही आपकी इज्जत है।...
- इसमें गजब की क्या बात है?...? हमने कमाया है तो क्या हमको नहीं मिलेगा? हम फायदा नहीं उठायेंगे? उन्होंने कहा नहीं, कोई आदमी फायदा ...
- इसमें अगर मान लो कोई आदमी पचास ग्राम का भी जेवर बनवाना चाहे तो उसको कितना रुपया चाहिए?...? यह कहाँ से आएगा? अतः जेवर के लिए वह दहेज माँगता है, तो क्या बुरा करता है? दहेज को बन्द करने की यदि ब...
- इसमें आपकी आर्थिक स्थिति क्या करेगी?...? गुरुजी। हमारा तो दिवाला निकला चला जा रहा है। हम तो बड़े परेशान हैं, बहुत हैरान हैं। हाँ बेटे, जरूर हो...
- इसमें आपको ऐसा करना चाहिए कि प्रातःकाल की संध्या में जब आप आँखें खोला करें तो जीवन देवता के बारे में, जीवन के कल्पवृक्ष के बारे में, उसके आरम्भ के इतिहास के बारे में सोचा करें कि इसका उद्देश्य क्या है?...? स्वरूप क्या है? दूसरी संध्या सायंकाल को जब आप सोया करें तो उसके अन्तिम चरण का उच्चारण किया करें। ...
- इसमें आपको क्या मिलेगा?...? इसलिए मित्रो! जब आप यहाँ से विदा हो रहे हैं, तो मैं चाहता हूँ कि आप अपने भीतर से कुछ ऐसे हेर-फेर क...
- इसमें आपको क्या-क्या करना होगा?...? यह विषय समझाना आज से हमारा उद्देश्य है। आज से हम अपनी व्याख्यान माला शुरू कर रहे हैं। आध्यात्मिकता क...
- इसमें इतना दूध और इतनी चीनी मिला करके क्या बना दिया?...? पेड़ा बना दिया। चाहे पेड़ा हो, चाहे जलेबी हो, सारी की सारी चीजों में केवल तीन ही चीजें आपको मिलेंगी।...
- इसमें इतनी अधिक चीजें हैं, तो फिर आप बच्चों की क्यों नहीं खिला देते, आप तो गरीब है नहीं?...? गरीब तो नहीं हैं गुरुजी। इसमें कुछ है ही नहीं। ये तो प्रोटीन युक्त प्रोटीन्यूल है। दूध में मिलाकर खा...
- इसमें इतनी अधिक चीजें हैं, तो फिर आप बच्चों को क्यों नहीं खिला देते?...? आप तो गरीब हैं नहीं? गरीब तो नहीं हैं गुरुजी। इसमें कुछ तो है ही। ये तो प्रोटीन युक्त प्रोटीन्यूल है...
- इसमें उनका कसूर भी नहीं है, जो आँखों के सामने प्रत्यक्ष देखा जा रहा है, उसे झुठलाया भी कैसे जाय?...? हरिद्वार से शान्तिकुञ्ज जाने वाले ताँगे-रिक्शे वाले तक यह कहते सुने गये हैं कि गुरुजी अब समाधि ले रह...
- इसमें ऐसा ही भरा है?...? हाँ बेटे! ऐसा ही भरा है। हम आपसे कोई अपेक्षा करने नहीं आए हैं।
चाहिए आपकी श्रद्धा, आपका समय ...
- इसमें कितना खरच हुआ है?...? लगभग दस लाख इसमें भी लगा है और यह गायत्री नगर, जो अभी बनने वाला है, इसमें गुरुजी, कितना पड़ेगा? बेटे...
- इसमें कितना खरच हुआ है?...? लगभग दस लाख इसमें भी लगा है और यह गायत्री नगर, जो अभी बनने वाला है, इसमें गुरुजी, कितना पड़ेगा? बेटे,...
- इसमें कितने बजे हुए हैं?...? अभी देखती हूँ। इसमें तो साढ़े बत्तीस बजे हैं। चुड़ैल! बेकार में चौके बर्तन में इसे खराब कर देगी और मिट...
- इसमें कितने रुपए का पत्थर लगा होगा?...? मैं सोचता हूँ कोई पचास रुपए का पत्थर होगा। आप पचास रुपए का पत्थर ले लीजिए और छेनी हथौड़ी ले जाइए, घि...
- इसमें कितने रुपये का पत्थर लगा होगा?...? मैं सोचता हूँ कोई पचास रुपये का पत्थर होगा। आप पचास रुपये का पत्थर ले लीजिए और छेनी, हथौड़ी ले जाइए,...
- इसमें किसका हाथ है?...? यह गुरु का हाथ है और यह गुरु का अनुदान है, यह उनकी कृपा है, जो भौतिक चीजें भी देता है और आध्यात्मिक ...
- इसमें कोई आफत तो नहीं है?...? इसमें कोई आफत नहीं है। कोई पीटता है तो तू पिटता रहे, नहीं तो अहिंसा खंडित हो जायेगी। अहिंसा पाल ली...
- इसमें कोई रुकावट थी बताइए?...? कोई रुकावट नहीं थी।...
- इसमें कोई रोक भी नहीं है, लेकिन किसी अनुष्ठान में आपके ऊपर क्या कोई प्रतिबन्ध, बन्धन नहीं लगाया गया है?...? आपके ऊपर कोई कड़ाई नहीं की गई? आपके भीतर के मनोबल का इम्तहान नहीं लिया गया और इस बात की परीक्षा नहीं...
- इसमें कोई रोकता है क्या?...? मित्र आपके प्रति बदला चुकाएँगे कि नहीं, यह बात सोचेंगे तो गड़बड़ हो जाएगी। आप यह उम्मीद मत कीजिए कि ...
- इसमें कोई रोकता है क्या?...? मित्र आपके प्रति बदला चुकाएँगे कि नहीं, यह बात सोचेंगे तो गड़बड़ हो जाएगी। आप यह उम्मीद मत कीजिए कि आप...
- इसमें कौन मुश्किल की बात है?...? कसरत मैंने बहुत दिन सीखी। आसन सिखाये गये थे और मुझे प्राणायाम सिखाये गये थे। अमुक बात सिखायी गयी थी,...
- इसमें कौन लाभ मिलता है?...? गेंद खेली जाय समझ में आता है, क्रिकेट खेल लिया, फुटबॉल खेल लिया समझ में आता है। इससे व्यायाम होता है...
- इसमें कौन-कौन हैं?...? इसमें मोती हैं, हीरे हैं, पन्ना हैं, जवाहरात हैं। इन सबको-एक-से-एक बढ़िया आदमी को जोड़ करके हमने रखा...
- इसमें क्या आफत आती है?...? नहीं महाराज जी! यह तो बड़ा कठिन है। चल उल्लू कहीं का, जो सबसे सरल है उसको कठिन बताता है और जो सबसे कठ...
- इसमें क्या करते हैं?...? इसमें हम यह करते हैं कि चाहे जन्मदिन मनाना हो, चाहे हवन करना हो, सबमें देवदक्षिणा को आवश्यक अंग माना...
- इसमें क्या करना पड़ता है?...? अपने आप से लड़ाई करनी पड़ती है, अपने आपकी पिटाई करनी पड़ती है, अपने आप की धुलाई करनी पड़ती है और अपन...
- इसमें क्या करना पड़ता है?...? अपने आप से लड़ाई करनी पड़ती है, अपने आपकी पिटाई करनी पड़ती है, अपने आप की धुलाई करनी पड़ती है और अपन...
- इसमें क्या करना पड़ता है?...? अपने आप से लड़ाई करनी पड़ती है, अपने आप की पिटाई करनी पड़ती है, अपने आप की धुलाई करनी पड़ती है और अपने...
- इसमें क्या काम करेंगे?...? बेटे, हम चाहते हैं कि सारे-के-सारे मन्दिर धर्म की स्थापना के केन्द्र, जनजाग्रति के केन्द्र बनें। प्राची...
- इसमें क्या किया गया है?...? इसमें भगवान् के चार नाम लिए गये हैं और एक बात यह बतायी गयी है कि जिस चीज को हम भूल गये हैं, उसको हमे...
- इसमें क्या देखा?...? इसकी जिज्ञासा बड़ी आतुरता पूर्वक सभी करते हैं। उनका तात्पर्य, किन्हीं यज्ञ, गन्धर्व, राक्षस, बेताल, स...
- इसमें क्या नहीं करना पड़ता है?...? कष्ट न उठाना पड़ता हो, पुरुषार्थ न करना पड़ता हो—साधना भी कहीं ऐसी होती है। साधना इतनी सस्ती होती है? ...
- इसमें क्या फरक पड़ता है?...? नहीं बेटे! अब हम इस तरह के यज्ञ नहीं करने देंगे।
पुरश्चरण यज्ञ है यह
मित्रो! इस साल...
- इसमें क्या फरक पड़ता है?...? नहीं बेटे! अब हम इस तरह के यज्ञ नहीं करने देंगे। पुरश्चरण यज्ञ है यह मित्रो! इस साल के जो यज्ञ हैं, ...
- इसमें क्या फर्क है, इसमें क्या सोचना है?...? परन्तु यह कहने की बात नहीं है। यह भेद आपको तब मालूम पड़ सकता है, जब आपको स्त्री बना दिया जाए। आपके ऊप...
- इसमें क्या भरा हुआ है?...? हमको ये सिखाया गया है कि हर ऋषि अपना-अपना थोड़ा-सा रक्त एक जगह इकट्ठा कर लेगा, तो घड़े में से एक ऐसी त...
- इसमें क्या रखा है?...? वह तो मैंने एक छोटी-सी डिबिया में रख लिया है और एक डिब्बी में धूपबत्ती भी रख ली है। हाँ बेटे, तूने य...
- इसमें क्या रखा है?...? ये तो बेकार है. निरर्थक है। इसको गाड़ दो, नदी में बहा दो या इसको जला दो। इससे अब क्या बनने वाला है? ...
- इसमें क्या रखा है?...? चम्मच से पानी डाल दिया कर, ४-६ चावल के दाने डाल दिया कर, एक धूपबत्ती जला दिया कर, चन्दन की एक बूँद ...
- इसमें क्या रखा है?...? ये तो बेकार है, निरर्थक है। इसको गाड़ दो, नदी में बहा दो या इसको जला दो। इससे अब क्या बनने वाला है? ...
- इसमें क्या रखा है?...? असली बात देख। असलियत देख, जिसमें भगवान प्रसन्न होते हैं। भगवान का नाम एक घण्टे में कितनी बार ले लिया...
- इसमें क्या रखा है?...? इसमें रखा है घी और कपूर। इसको काहे से जलाते हैं—दियासलाई से। ये भी मिट्टी है तो आप मिट्टी से कर रहे ...
- इसमें क्या वाम करेंगे?...? बेटे, हम चाहते हैं कि सारे के सारे मन्दिर धर्म की स्थापना के केन्द्र, जनजाग्रति के केन्द्र बनें। प्राची...
- इसमें क्या समझदारी रही?...? एक तो नुकसान हो गया और आप जो चाहते थे, वह भी नहीं हुआ। चलिए इसको किसी तरीके से बर्दाश्त भी कर लें, ल...
- इसमें क्या हर्ज हो गया?...? इसके शरीर से जो भाप निकलती थी, पसीना निकलता था, जो शरीर के जहर को बाहर निकालता है। तुमने शरीर पर शीर...
- इसमें क्या हर्ज हो गया?...? इसके शरीर से जो भाप निकलती थी, पसीना निकलता था, जो शरीर के जहर को बाहर निकालता है। तुमने शरीर पर शीर...
- इसमें क्या हिम्मत है?...? उन्होंने कहा कि जब आ ही गया है, तो बेइज्जती के साथ उनसे यह कह दिया गया कि अच्छा क्या विषय दिया जाएगा...
- इसमें क्या है?...? कुछ नहीं। इसमें आँवले की चटनी और गुड़ मिला है। दोनों को मिला दीजिए। अगर इसका जायका आपको अच्छा न लगता...
- इसमें क्या है?...? भावनाओं की उत्कृष्टता का, आदर्शवादिता का, चरित्रनिष्ठा का, साहसिकता का, प्रेम का, मोहब्बत का, सम...
- इसमें क्या है?...? विचार है, अकल है, जिसमें बहुत ताकत है। मैं समझता हूँ कि इन दोनों शरीरों के बारे में आप सब जानते हैं...
- इसमें क्या है?...? नहीं साहब! इसे साफ कीजिए, माँज कर लाइये। पूजा की सामग्री को साफ करके लाइये। भगवान जी को स्नान कराकर ...
- इसमें क्या है?...? इसमें सबसे बड़ा स्वार्थ है—स्वास्थ्य का सम्वर्द्धन। आपने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कैलाश जोशी का नाम...
- इसमें क्या है?...? एक मनुष्य के यह पूछने पर शैतान ने बताया इसमें वह वस्तु है जिससे मैं अपनी सारी सम्पत्ति और विशेषताएँ ...
- इसमें क्या होगा?...? इस समय में बड़ी मुसीबतें आयेंगी। और मुसीबतों में से आप भी टिक नहीं सकेंगे सारी दुनिया पर मुसीबतें ...
- इसमें क्या होता है?...? दोनों एक हो जाते हैं। दोनों के एक हो जाने से क्या मतलब है? दोनों के एक हो जाने से ये मतलब है कि नाला...
- इसमें क्या-क्या दवाइयाँ मिलती हैं?...? क्या-क्या दवाइयाँ डाली जाती हैं और कैसे बनाई जाती हैं? यह जानकारी अगर आपको हो जाय, तो क्या कोई फ...
- इसमें क्या-क्या मिला है?...? मसाले और प्याज और माँस, जिसको पीड़ा देकर उसकी जान निकाली गई है। बेचारा तड़पता हुआ, गाली देता हुआ और ...
- इसमें क्यों आ गया?...? महाराज जी, इसमें इसलिए आ गया कि भजन करने वालों को बड़ा नफा होता है। अरे बेटे, तुझे किसी ने गलत बहका ...
- इसमें गलतियाँ कहाँ हैं?...?...
- इसमें गुरु की संकीर्णता नहीं है, इसमें संकीर्णता है शिष्य की कि लेने वाले का दामन कैसा है?...? वो सँभाल भी सकता है कि नहीं। जितना छोटा बरतन होगा, उतना ही थोड़ा पानी आएगा और बड़ा बरतन होगा, तो ज्य...
- इसमें घबराना कैसा?...? यह अत्यन्त शुभप्रद लक्षण है। तुम अपनी उपासना जारी रखो।’’ गुरुदेव की बात सुनकर सभी परिजन श्रद्धावनत थे...
- इसमें घाटा पड़ा?...? नहीं, घाटा नहीं पड़ा। नफा हुआ और इतना नफा हुआ कि हम आपसे क्या कहें?
भावनाओं का करें योगदान
बेटे ...
- इसमें चैन कहाँ से हो सकता है?...? मिट्टी में चैन कहाँ से आ जाएगा? पैसे में चैन कहाँ से आ जाएगा? इन चीजों में चैन कहाँ से आ जाएगा? चैन ...
- इसमें जनता के सहयोग का कितना ज्यादा लाभ भरा पड़ा है, क्या आप इसे नहीं जानते?...? अगर आप हकीकत में आएँ तो आप इसे देख सकते हैं। हकीकत में नहीं आएँ, तब मैं नहीं कह सकता। अगर आप जन्मदिन...
- इसमें जनता के सहयोग का कितना लाभ भरा पड़ा है, क्या आप इसे नहीं जानते?...? अगर आप हकीकत में आएँ, तो आप इसे देख सकते हैं। हकीकत में नहीं आएँ, तब मैं नहीं कह सकता। अगर आप जन्म...
- इसमें जो भी चीजें हैं, आप कहाँ से पाते हैं?...? अन्न से पाते हैं, फिर जल से पाते हैं दो, और कहाँ से पाते हैं? जो कुछ भी शरीर के भीतर है ये सब मिट्टी...
- इसमें तपता क्यों नहीं है, तू निखरता क्यों नहीं है?...? तू कुन्दन क्यों नहीं बनता है? तू लोहे का क्यों है? लोहा नहीं बनना चाहिए, आपको सोना बनना चाहिए, आपको ...
- इसमें तपता क्यों नहीं है, तू निखरता क्यों नहीं है?...? तू कुन्दन क्यों नहीं बनता है? तू लोहे का लोहा क्यों है? लोहा नहीं बनना चाहिए, आपको सोना बनना चाहिए, ...
- इसमें तू रो रहा है कि मैं सोने का नहीं हुआ, उसमें तू सोने का कैसे हो गया, यह बता?...? तो उसने बताया कि एक ब्राह्मण परिवार था। पति-पत्नी थे, दो बच्चे थे और कई दिन के भूखे थे। उनके पास कुछ...
- इसमें तो नुकसान पड़ेगा हमारा?...? नहीं, मैं आपको यकीन दिलाता हूँ कि नुकसान नहीं पड़ेगा।...
- इसमें तो नुकसान पड़ेगा?...? नहीं, मैं आपको यकीन दिलाता हूँ कि नुकसान नहीं पड़ेगा। जिन्होंने भी अपने समय को लोकसेवा में लगाया है, ...
- इसमें तो हमारा जरा भी-कतई विश्वास नहीं है कि आपको बेटा हो जाएगा, तो आपके ऊपर सोने की छत्रछाया कर न मालूम जाने क्या करेगा?...? आप तो जैसे संकीर्ण हैं। मुबारक रहे, आपके लिए संकीर्णता, लेकिन हमने आपको इतना आत्मबल दिया है, भरपूर आ...
- इसमें दो बातें होनी हैं या तो विज्ञान के चरण जिस दिशा में चल रहे हैं, एटॉमिक हथियार जिस स्पीड से बन रहे हैं, अगर वे बनते और चलते रहे तो आप देखना कि क्या होगा?...? कोई भी पागल आदमी, जैसे कि बंगाल में एक पागल आदमी ने दो मुजरिमों को मारकर खतम कर दिया। किसी दिन इसी त...
- इसमें नहीं है तो कहाँ से आ गया दूध?...? कहीं से नहीं आ गया। गाय के भीतर जो केमिकल्स हैं, गाय के भीतर जो पदार्थ हैं वे घास को इस तरीके से कन्...
- इसमें परीक्षा आपकी सफलता की नहीं वरन् इस बात की है कि आपने कितनी मेहनत की, भाग-दौड़ करने में कितना समय लगाया?...? अगर आप यह काम कर सकेंगे, जो अत्यधिक महत्त्वपूर्ण आयोजन, जिसको हम ‘वाजपेय यज्ञ’ कहते हैं, नवयुग के आग...
- इसमें पूजा-उपकरण, भोग-प्रसाद, पुजारी का वेतन, फूल, दीपक आदि मान लिया जाए तो यह रकम कितनी होगी?...? ६ लाख मन्दिरों में कितना वार्षिक खरच बैठता है। वस्तुत: कई गुना अधिक होता होगा, क्योंकि पूरे देश के मं...
- इसमें पूजा-पाठ भी शुमार है, तीर्थयात्रा भी शुमार है, ये भी शुमार है तब; तब आपको करना क्या है?...? आपको एक काम करना है और उसी की आवश्यकता है। इंसान गिरा कैसे? समय की परिस्थितियाँ उल्टी कैसे हो गईं? द...
- इसमें बाद में क्या कुछ परिवर्तन हुए?...? यह आदमी की अकल और आदमी की चेतना है, जिसने सारी की सारी पृथ्वी को कैसा बना दिया है? कहीं ताजमहल बने ह...
- इसमें भी इतने परस्पर विरोधी मतांतर हैं कि यह समझना कठिन पड़ता है कि वस्तुतः हिन्दू धर्म है क्या?...? उसकी अगणित विरोधी मान्यताओं में से कौन वास्तविक है और कौन अवास्तविक? इस सन्दर्भ में कम से कम एक ग्रंथ...
- इसमें भी कोई तेरी इज्जत है?...? बेटे! इज्जत इसमें नहीं है।
देने का आनन्द जानो
चलिए, मैं आपसे आध्यात्मिक दृष्टि से सिद...
- इसमें भी कोई तेरी इज्जत है?...? बेटे ! इज्जत इसमें नहीं है। देने का आनन्द जानो चलिए, मैं आपसे आध्यात्मिक दृष्टि से सिद्धियों की बात क...
- इसमें भी क्या हर्ज है?...? मनोरंजन ही सही, लेकिन आप लम्बी चीजें नहीं पा सकेंगे। लम्बी चीजें, महत्त्वपूर्ण चीजें पाने के लिए, जिसक...
- इसमें भी पहली एक अति आवश्यक शर्त यह है कि हम सज्जनता की सामान्य परिभाषा समझें और अपनायें, जिसके अन्तर्गत मधुर भाषण और विनम्र शिष्ट एवं मृदु व्यवहार अनिवार्य हो जाता है?...? साहस जुटाएँ, औचित्य अपनायें भय हमारी स्थिरता और प्रगति में सबसे बड़ा बाधक है। कितने ही काम ऐसे हैं ...
- इसमें मलाई डालते हैं?...? हाँ साहब! मलाई भी डालते हैं। किसकी डालते हैं? ब्लाटिंग पेपर की डालते हैं, परन्तु हम आपको कह नहीं सकत...
- इसमें यह बात बताई गई है कि गायत्री का पारंगत कौन आदमी था?...? गायत्री का अध्ययन किसने किया था, गायत्री की जानकारियाँ किसने प्राप्त कीं, गायत्री की उपासना किसने की...
- इसमें लखपति, करोड़पति, राजा, महाराजा और बड़े-बड़े अधिकारी ही ये काम नहीं कर सकते और एक छोटे से घर में पैदा हुआ व्यक्ति किस तरीके से छलाँग लगा सकता है और बलवान हो सकता है, उसे आत्मबल कैसे मिल सकता है, यह बात आप मुझे बतलाइए?...? थोड़ी देर सोचने लगे कि क्या जवाब दिया जाए? इसको कैसे समझ में आए कि किस तरीके से शक्ति मिलती है, उस श...
- इसमें संसार में क्या कमी दिखाई पड़ती है आपको?...? बाप-दादों की तुलना में हम हजारों गुने ज्यादा सुखी हैं। पोस्ट कार्ड हमारे बाप-दादों ने, उसके ऊपर तीन ...
- इसमें सन्देह कैसा?...? समय आने पर सारी विधि व्यवस्था सामने आती जाएगी। अभी योजना बनाने और चिन्ता करने की आवश्यकता नहीं है। अ...
- इसमें सफलता न मिली तो कहाँ चले गए?...? वहाँ से वे कलकत्ता चले गए और वहाँ उन्होंने एक नेशनल कॉलेज खोला, ताकि नवयुवकों को शिक्षण दे सकें। शिक...
- इसमें सफलता न मिली तो कहाँ चले गए?...? वहाँ से वे कलकत्ता चले गए और वहाँ उन्होंने एक नेशनल कॉलेज खोला, ताकि नवयुवकों को शिक्षण दे सकें। शिक...
- इसमें सिद्धियों के जखीरे भरे पड़े हैं, साधनों के जखीरे भरे पड़े हैं और न जाने क्या-क्या भरा पड़ा है?...? गायत्री की महत्ता को मैं किस मुँह से कहूँ, जिसमें आदमी भौतिक जीवन में समृद्ध हो जाता है और आध्यात्मि...
- इसमें सिवाय आपकी लापरवाही और गैर जिम्मेदारी के अतिरिक्त और कोई बाधा नहीं हो सकती?...? आप चाहें तो नियमित रूप से, हर परिस्थितियों में, बीमारियों में भी, सफर में भी, कही भी यह संध्यावंदन क...
- इसमें से डायरी कौन ले गया?...? अच्छा भगत जी ले गये। यह कौन से भगत हैं? यह भगत हैं आप, शंकर भगवान की हजामत बनाने वाले, जालसाज। भक्...
- इसमें से हवा कब निकल जाएगी, इसको कौन जानता है?...? यह कोई आश्चर्य नहीं है। इसलिए आप अपने त्याग को, अपनी भावना को, केवल भावना को ही नहीं, वरन् उस काम को...
- इसमें हम क्या कर सकते हैं?...? परिस्थितियों का अन्दाजा लगाना एक बात है और परिस्थितियों का मुकाबला करना एक बात है। परेशान होना और हैर...
- इसमें हम शिक्षण देंगे कि नारी को कैसे विकसित करना चाहिए?...? नारी-शिक्षण कैसे होने चाहिए? लार्जर फेमिली सिस्टम कैसे बनने चाहिए? घरों में स्वर्गीय वातावरण कैसे बन...
- इसमें हमको क्या फायदा होगा?...? हमने जमा कर दिया, बैंक में जमा हो गया। नहीं साहब! हमारा तो कोयले की दलाली में हाथ काला हो जाएगा। बेट...
- इसमें हमारा उज्ज्वल भविष्य छिपा हुआ है और जिसमें आपकी सुख-शान्ति के सारे आधार छिपे हुए हैं; लेकिन इसको इस्तेमाल कैसे करेंगे?...? इसको जानने के लिए आपको कल का इंतजार करना चाहिए। आज की बात हम यहीं समाप्त करते हैं।...
- इसमें हर्ज की क्या बात है?...? जितने दिन के लिए मिल गये, वह ठीक है। जितने दिन आनन्द उठा लिया, वही ठीक है। अब जिसकी चीज है, उ...
- इसमें हानि ही क्या है?...? अपने प्रयोग यदि खरे उतरते हैं तो उससे श्रद्धा-विश्वास की अभिवृद्धि ही होती है। यदि मिथ्या सिद्ध होते...
- इसलिए अकेली लड़की ही कहाँ दोषी हुई?...? परिवारों में बच्चों का पालन-पोषण करते समय समानता का बरताव करना चाहिए। घर में जब से बच्चा आए, चाहे वह...
- इसलिए अपने अधिकांश जीवन के कार्यक्रम में हम इसका क्या लाभ उठा सकेंगे?...? उपरोक्त शंका स्वाभाविक है, क्योंकि हमारी विचारधारा आज कुछ ऐसी उलझ गई है कि लौकिक और पारलौकिक स्वार्थ...
- इसलिए अपराधों के सामयिक दमन की आवश्यकता अनुभव करते हुए भी यह दृष्टि रखनी होगी कि वह आवेशग्रस्तता आखिर पैदा क्यों होती है?...? उसकी जड़ कहाँ है और उसके मूलोच्छेदन के लिए क्या उपाय किये जाने चाहिए?पहला अपराध यही है कि हम अपराध और...
- इसलिए आप अपने ढाँचे को अभी से क्यों न बदल लें?...? भगवान के दरबार में शान से हों उपस्थित
मित्रो! सबसे बड़ी बात यह है कि आपको भगवान् के दरबार ...
- इसलिए आप इस डायन को मार भगाइये न?...? दुनिया भर का माँगते फिरते हैं—नाक रगड़ते-फिरते हैं—वासनाओं के लिए, तृष्णाओं के लिए, अहंकार के लिए। इस...
- इसलिए आप भी राजा परीक्षित की तरीके से विचार कर सकते हैं कि हमारी बची हुई जिन्दगी, ये मौत के दिनों के बीच में बाकी रह गई है इसको हम अच्छे से अच्छा कैसे उपयोग कर सकते हैं?...? सायंकाल को आप विचार किया कीजिए, अच्छे से अच्छा उपयोग का विचार किया कीजिए।...
- इसलिए आप भी राजा परीक्षित के तरीके से विचार कर सकते हैं कि हमारी बची हुई जिन्दगी, जो मौत के दिनों के बीच में बाकी रह गई हैं, इसका हम अच्छे-से कैसे उपयोग कर सकते हैं?...? सायंकाल को आप विचार किया कीजिए कि इसका कैसे अच्छे-से उपयोग किया जाए। सायंकाल को दिनभर के कार्यों की ...
- इसलिए आप होशियार हो जाओ और पहले से ही अपनी मनःस्थिति बनाओ कि आपको किधर जाना है?...? बेटे! इधर जाना है या उधर जाना है? जहाँ तक मैं समझती हूँ, आपको उधर नहीं जाना है। आपको इधर ही आना है। ...
- इसलिए आपको क्या करना पड़ेगा?...? आपको अपनी पात्रता का विकास करना चाहिए। हमारे पास कल्पवृक्ष है। हम अपना कल्पवृक्ष रूपी जीवन लेकर के आ...
- इसलिए आपको मालूम है कि आँखों में क्या खराबी है?...? हमारे दिमाग में चिन्ता छाई रहती है, आपको मालूम है? नहीं, कोई जानकारी नहीं है। हमारे भीतर ईर्ष्या और ड...
- इसलिए आपको शिक्षण करने में फर्क करने की जरूरत नहीं है कि आप किसको कहें, किसको न कहें?...? आप सभी से कहिए। हर आदमी इन मामलों में दरिद्र है। हर आदमी को आपके ज्ञान की आवश्यकता है। इसलिए आपको ती...
- इसलिए इस यंत्र को इतना पैना और तीखा होना चाहिए कि जहाँ भी इस हथियार का इस्तेमाल किया जाय, वह पार करता हुआ निकल जाय और क्या करना पड़ेगा?...? मौन करना पड़ेगा। मौन कैसे करते हैं?
बेटे! हमें एक साल तक मौनी रहना पड़ता है। बातचीत करें तो किससे ...
- इसलिए इस सन्देह के लिए गुंजाइश नहीं रह जाती कि जो देश आज समुद्र पार हैं, वहाँ भारतीय सभ्यता किस प्रकार पहुँच पाई होगी?...? वस्तुतः वैसी कठिनाई थी नहीं और सुदूर देशों का यातायात उन दिनों के साधनों से भी भली प्रकार सम्पन्न हो ...
- इसलिए उन दोनों को ही सारी विद्याएँ मिल गईं, शक्तियाँ मिल गईं कैसे मिल गईं?...? बेटे, श्रद्धा से मिल गईं। उन्होंने कहा कि यह तन भी आपका और मन भी आपका। हम राजकुमार हैं तो क्या हुआ? ...
- इसलिए उनकी सेवा करनी चाहिए?...? सहायता करनी चाहिए। सबेरे जब राजा चलने लगा, तो उसने कहा-किसानो! तुम जानते नहीं हो, हम कौन हैं? मालू...
- इसलिए करना क्या पड़ेगा?...? कभी आपको एक ही बात पर प्रवचन करने का मौका मिले, तो आपके मस्तिष्क में एक सन्तुलित व्याख्यान रहना चाह...
- इसलिए कहाँ चलना चाहिए?...? प्रकाशस्तंभ इशारा करता रहता है। लाइट घूमती रहती है और बताती रहती है कि इधर की ओर चलिए, इधर मत चलिए। ...
- इसलिए काम क्या किया यह बताइए?...? ज्यादा लम्बी जिन्दगी से क्या मतलब है आपका? ज्यादा जिन्दगी तो साँप की होती है, कछुए की होती है। क्या ...
- इसलिए कि आपने केवल सुना है और कृत्यों को किया है, अतः निराश नहीं रहेंगे तो क्या करेंगे?...? लेकिन हमको पूरी तरीके से, सच्चे मन से हजार बार कहने की हिम्मत पड़ती है कि गायत्री शक्तिवान है, सामर्थ...
- इसलिए कि आपने वहाँ रहकर के उपासना की है, साधना की है और उपासना-साधना करने के साथ-साथ में अपनी समस्याओं का समाधान करने के लिए वहाँ के वातावरण का लाभ उठाया है, वहाँ जो ऋषि रहते हैं, उनके परामर्श से रास्ता भी आप तलाश करते हैं और उस रास्ता तलाश करने में एक रास्ता यह भी है कि आपने अब तक जो गलतियाँ की हैं उनका प्रायश्चित कैसे हो?...? भरपाई कैसे हो? आप उसके लिए क्या कदम उठाएँ? इसके लिए आप अपने गुण, कर्म, और स्वभाव में शालीनता का समाव...
- इसलिए कि पहले देख लें कि यह खरा है या खोटा है खोटा हुआ तब?...? खोटा हुआ तो हम नहीं लेंगे। पहले जमाने में रुपया बजाने के लिए जिनके अंगूठे में दम होता था, वे अंगूठे ...
- इसलिए कि हम अपनी मनोभूमि में तलाश कर सकते हैं और देख सकते हैं कि आपकी हैसियत कहाँ है और आप क्या चीज चाहते हैं?...? अपने हिन्दुस्तान में हम देखते हैं कि यहाँ हर आदमी एक चीज माँगता है और वह है—पैसा। क्यों माँगता है?...
- इसलिए कौन, कब, क्या कर बैठे?...? इस सम्बन्ध में कुछ कहा नहीं जा सकता है। इस विस्तार से गुत्थी उलझी ही है।समाधान सोचने से पूर्व इस संक...
- इसलिए क्या करना चाहिए?...? यह भक्ति, जिसका अर्थ है-परावलम्बन। यह मनुष्य के लिए लाभदायक है? नहीं, घोर हानिकारक है। यह आदमी के ...
- इसलिए क्या करना चाहिए आपको?...? अपनी उपासना का उपक्रम यहाँ से जाते-जाते आप सीखते जाइए। क्या सीखकर जाएँ कि मूर्ति के बिना गाड़ी नहीं च...
- इसलिए क्या करना चाहिए बच्चो?...? तुममें से एक बच्चे को अपना बलिदान कर देना चाहिए और ब्राह्मणी के बच्चे को बचा लेना चाहिए। बच्चों ने क...
- इसलिए क्या करना चाहिए बच्चों?...? तुममें से एक बच्चे को अपना बलिदान कर देना चाहिए और ब्राह्मणी के बच्चे को बचा लेना चाहिए। बच्चों ने क...
- इसलिए क्या करना चाहिए?...? इसको सीधे कसाईखाने भेजना चाहिए। चाइना में यह प्रयोग हो रहा है। बुड्ढे आदमियों को ले जाते हैं कि चलिए...
- इसलिए क्या करना चाहिए?...? हमारे मिशन की समग्र और सर्वांग रूप में पूर्ण जानकारी अगर आपको देनी पड़े, तो हमारी विचारधाराएँ क्या ...
- इसलिए क्या करना चाहिए?...? अपना व्यक्तिगत जीवन सुख और शान्तिमय बनाने के लिए अपने कुटुम्ब और परिवार के बारे में ठीक वो ही नीति न...
- इसलिए क्या करना चाहिए?...? इसको सीधे कसाईखाने भेजना चाहिए। चाइना में यह प्रयोग हो रहा है। बुड्ढे आदमियों को ले जाते हैं कि चलिए...
- इसलिए क्या करना चाहिए?...? हमार मुनीम हो के चला जा और ये कहना अपने घर वालों से कि हम गुरुजी के नौकर हैं। हैं तो हम वही; लेकिन व...
- इसलिए क्या करना पड़ता है?...? आपको विभिन्न लोगों के पास जाने से, विभिन्न तरह की बात करने से, भिन्न-भिन्न तरह की मनःस्थिति समझने से...
- इसलिए क्या करना पड़ेगा?...? अपने साथ में कड़ाई करने की जिस दिन आप कसम खाते हैं, जिस दिन आप प्रतिज्ञा करते हैं कि हम अपनी कमजोरिय...
- इसलिए क्या करना पड़ेगा?...? अपने साथ में कड़ाई करने की जिस दिन आप कसम खाते हैं, जिस दिन आप प्रतिज्ञा करते है कि हम अपनी कमजोरियो...
- इसलिए क्या करना पड़ेगा?...? अपने साथ में कड़ाई करने की जिस दिन आप कसम खाते हैं, जिस दिन आप प्रतिज्ञा करते हैं कि हम अपनी कमजोरिय...
- इसलिए क्या काम करता रहता है?...? हमारी नौकरी भेजता है, सहायता भेजता है, हमारा वेतन भेजता है। वह हमारा सारा इंतजाम करता है, हमको बँगले...
- इसलिए क्या गुंजाइश है कि आप अपनी मनोकामनाओं को भगवान के सुपुर्द कर दें?...? सुपुर्द करने के पश्चात भगवान का प्यार पाएँ।
सबसे कीमती उपहार : भगवान का प्यार
भगवान ...
- इसलिए क्या गुंजाइश है कि आप अपनी मनोकामनाओं को भगवान के सुपुर्द कर दें?...? सुपुर्द करने के पश्चात् भगवान का प्यार पाएँ। सबसे कीमती उपहार-भगवान का प्यार भगवान का प्यार पाने से ...
- इसलिए क्या हुआ?...? खुदाबन्द करीम के यहाँ जब मीटिंग बैठी तो उसमें यह पता लगाया गया कि इस बार किस-किस की यात्रा कबूल हुई। ...
- इसलिए खुशी से, ये मंजूर कर लिया कि (हमारी भेड़ को) हमारी ऊन को जो लोग काटें खुशी से काटें, इससे कपड़े बनाना चाहे खुशी से बना लें, भेड़ क्या नुकसान में रही?...? आपकी दृष्टि से तो नुकसान में रहनी चाहिए, क्योंकि उसने अपना नुकसान उठा लिया, बिना कीमत के अपनी ऊन दे ...
- इसलिए जो कुछ भी दिया होगा, मैं समझता है देवताओं ने अर्जुन को तो क्या दिया होगा?...? आत्मबल दिया होगा जो दुनिया की सबसे बड़ी सबसे बड़ी ताकत और सबसे बड़ा वैभव है। उससे बड़ा कोई वैभव नहीं हो...
- इसलिए जो चीज सम्भव नहीं है, वह सम्भव कैसे हो सकती है?...? आकृतियाँ नहीं बदल सकतीं आदमी की, प्रकृति बदल सकती है। गोस्वामी तुलसीदास जी ने इसी के बारे में रामायण...
- इसलिए जो भी आप लोग हमारी आवाज सुन रहे हैं, उन सबका काम व उद्देश्य है कि वे सभी अपने-अपने समीपवर्ती गाँवों में जाकर के यह देखें कि एक-एक कुण्ड का हवन कहाँ-कहाँ होना सम्भव है?...? यह बात नम्बर एक हो गई।बात नम्बर दो यह है कि आपके पास एक प्रचार मण्डली होनी चाहिए। प्रचार मण्डली का अ...
- इसलिए तो कहते हैं कि फुलझड़ी बहुत अच्छी मालूम पड़ती तो आप दियासलाई लेकर के खत्म क्यों नहीं करते?...? हर चीज को आदमी आज जला रहा है। जिन्दगी को जला रहा है, समाज को जला रहा है। देश को जला रहा है, बच्चों क...
- इसलिए तो मैं यह कहता हूँ कि गुणों के रूप में हमें भगवान को मानने में क्या आपत्ति है?...? जब आप उन्हें शक्ल के रूप में मान सकते हैं, रंग-रूप के रूप में मान सकते हैं तो गुणों के रूप में मानने...
- इसलिए दोनों का समन्वय जब तक न हो जाय, तब तक वहाँ प्रकाश कहाँ से आयेगा?...? इन महात्माओं की उपासना एकांगी थी। जंगल में रहते हैं तो क्या? जप करते हैं तो क्या? गंगा में नहाते हैं...
- इसलिए धन- वैभव की भौतिक सुख- सुविधाओं की अभिवृद्धि का कार्य दूसरे लोगों पर छोड़कर वानप्रस्थ को एक ही अछूता काम हाथ में लेना चाहिए कि उत्कृष्ट चिन्तन और आदर्श कर्तृत्व के लिए आवश्यक वातावरण एवं उत्साह किस प्रकार उत्पन्न किया जाए?...? ज्ञानयज्ञ एव विचारक्रान्ति इसी प्रक्रिया को कहा जा सकता है। यह नींव यदि ठीक तरह भर ली जाए तो नवयुग नि...
- इसलिए पीटते हैं कि अगर कहीं हाँडी टूटी हुई तब?...? दरार हुई तब? अगर दरार हुई तो जरा-सा ठोकने पर हमें शक हो जाता है और हम उसे अलग रख देते हैं। अब तो वे ...
- इसलिए पैसे के बारे में क्या करना चाहिए?...? आप अपने घर में दुकानदारी करते हैं, या नहीं करते हैं, बेईमानी करते हैं, जो चाहें कर सकते हैं। लेकिन...
- इसलिए बना कर क्या करूँगा?...? महाराज जी! आप इमारत बनवा लीजिए, पैसा हम दे देंगे। बेटे, तू पैसा तो दे देगा, पर मैं कन्ट्रोल कैसे क...
- इसलिए मनुष्य को सामाजिक प्राणी कहा गया है और यह कहा गया है कि उसका विकास सिर्फ इस बात पर टिका हुआ है कि आदमी किन लोगों के साथ रहा?...? आदमी को अपने व्यक्तित्व के विकास के लिए किसी-न-किसी के साथ रहने की आवश्यकता पड़ती है। शारीरिक जिन्दगी ...
- इसलिए मित्रो, हमारा लोगों को यही जवाब है कि हम क्यों राजनीति में नहीं जाते हैं?...? और राजनीति को छोड़कर धर्मसत्ता में क्यों आ गये? भगवान महावीर और भगवान भक्त हनुमान जो दोनों ही आज ...
- इसलिए मित्रो, हमारा लोगों को यही जवाब है कि हम क्यों राजनीति में नहीं जाते हैं?...? और राजनीति को छोड़कर धर्मसत्ता में क्यों आ गये? भगवान महावीर और भगवान भक्त हनुमान जो दोनों ही आज के द...
- इसलिए मुझे निराश हो जाना चाहिए?...? मित्रो! मेरा ईमान काँप गया और मैं अनुभव करने लगा कि आज यह सब बातें बेकार हैं। कई दिनों तक मेरी मनोदश...
- इसलिए यह भी आवश्यक हो गया है कि जब कुछ समय श्रम से उत्पन्न थकावट को दूर करने के लिए निकालें तो यह भली-भाँति विचार कर लें कि यह जो समय उक्त कार्य में लगाने जा रहे हैं, उसका आध्यात्मिक उत्थान और आत्म-विकास के लिए क्या सदुपयोग हो रहा है?...? मनोरंजन केवल प्रसुप्त वासना की पूर्ति के लिए न हो वरन् उसमें भी आत्म-कल्याण की भावना सन्निहित बनी रह...
- इसलिए रात को सोते समय आप मौत का और प्रातःकाल उठते समय जिन्दगी का ध्यान कर लिया कीजिए और बीच का जो समय बच जाता है, उसके लिए क्या कीजिए?...? मौत और जिन्दगी को शानदार बनाने के लिए दिन भर हमारा कैसे व्यतीत हो? हमारा समय, श्रम और धन किस अच्छ...
- इसलिए लगा रहेगा कि भगवान के प्रति जो हमारा उदात्त भाव, जो हमारा समर्पण, जो हमारी करुणा होनी चाहिए, वह करुणा ही नहीं पैदा हुई, तो हम भगवान की पूजा कैसे करेंगे?...? इस तरह क्या हम भगवान के बताए रास्ते पर चल सकेंगे? हम अगर भगवान के बताए रास्ते पर नहीं चल सकेंगे, तो ...
- इसलिए विचित्रताएँ ढूँढ़ने वालों को उसमें निराशा भी लग सकती है, पर जो घटनाओं के पीछे काम करने वाले तथ्यों और रहस्यों में रुचि लेंगे, उन्हें इतने से भी अध्यात्म सनातन के परम्परागत प्रवाह का परिचय मिल जाएगा और वे समझ सकेंगे कि सफलता-असफलता का कारण क्या है?...? क्रियाकाण्ड को सब कुछ मान बैठना और व्यक्तित्व के परिष्कार की—पात्रता की प्राप्ति पर ध्यान न देना यही...
- इसलिए हम उनको कहाँ से लायें जो वानप्रस्थ परम्परा की- अध्यात्म की रीढ़ हैं, जिन्होंने अध्यात्म को जिन्दा रखा था और जिन्दा रखेंगे, उन्हें हम कहाँ से लायें?...? मित्रो! आज आदमी लोभ में और मोह में इतना डूब गया है और बहाना यह बनाता है कि मैं तो भागवत् पढ़ता हूँ,...
- इसलिए हम बारीकी से देखते रहते हैं कि सामने बैठा हुआ लम्बी-चौड़ी बातें बनाने वाला व्यक्ति हमारी विचारधारा के साथ अखण्ड ज्योति या साहित्य के माध्यम से बँधा है या नहीं?...? यदि वह इसकी उपेक्षा करता है तो हम समझ लेते हैं कि वह देर तक टिकने वाला नहीं है। जो हमारे विचारों को ...
- इसलिए हमको क्या करना पड़ेगा?...? हमको वही करना पड़ेगा, जो ऋषियों ने, सन्तों ने, महात्माओं ने, ब्राह्मणों ने हमेशा से किया है। उन्हें ...
- इसलिए हमें करना क्या पड़ेगा?...? हमको जनसाधारण के लिए सबसे महत्त्वपूर्ण सेवा जो है, वह यह करनी पड़ेगी कि उनके विचार करने की शैली, सो...
- इसलिए हमें करना क्या पड़ेगा?...? हमको जनसाधारण के लिए सबसे महत्त्वपूर्ण सेवा जो है, वह यह करनी पड़ेगी कि उनके विचार करने की शैली, सोचन...
- इसलिये उस बेतुकी प्रक्रिया का अभीष्ट परिणाम हो भी कैसे सकता है?...? एक ही देवता के दो भक्त परस्पर शत्रु भी हो सकते हैं। दोनों अपनी-अपनी मर्जी की याचना कर सकते हैं। ऐसी ...
- इसलिये देखो, मैंने ये किताब लिखी है, पढ़कर देखो कैसी है?...? ’’ उस पुस्तक का नाम था, ‘सतयुग की वापसी’ हम सबको पुस्तक बड़े गजब की लगी।...
- इससे कुछ मिल सकता है क्या?...? नहीं मिल सकता है। तो किससे मिल सकता है? क्या अध्यात्म से कुछ नहीं मिल सकता? मिल सकता है।...
- इससे क्या सूरज गन्दा हो जाएगा?...? सूरज मैला हो जाएगा? सूरज बदनाम हो जाएगा? नहीं, सूरज बदनाम नहीं हो सकता। सूरज बदनाम होगा तो अपने का...
- इससे क्या हो सकता है?...? जिस गाँव में चार सौ घर हैं तो क्या उस गाँव के प्रत्येक घर से एक-एक व्यक्ति एक-एक घण्टा समय समाज, द...
- इससे सामान्य जीवन को असामान्य कैसे बना सकते हैं?...? मनुष्य में देवत्व की झाँकी कैसे कर सकते हैं? व्यक्ति को श्रेष्ठ मनुष्य कैसे बना सकते हैं? यह सारी ...
- इससे अच्छा और क्या हो सकता है?...? अपने आप अपनी कपास बोएँ और अपने आप अपना कपड़ा बनाएँ। लेकिन इसमें एक ही खराबी है कि आप जितनी जल्दबाजी ...
- इससे अच्छी और क्या बात हो सकती है?...? लेकिन मित्रो! आपकी क्रिया में और दृष्टि में फरक हुआ तब? तो आपका अनाथ पालन ऐसी विडंबना बन जाएगा, मसलन...
- इससे अच्छी और क्या बात हो सकती है?...? लेकिन मित्रो! आपकी क्रिया में और दृष्टि में फर्क हुआ तब? तो आपका अनाथ पालन ऐसी विडंबना बन जाएगा, मसल...
- इससे अधिक अच्छा और सौभाग्य हमारे लिए क्या हो सकता है?...? तब उन्होंने गायत्री के 24 पुरश्चरणों की विधि बताने के बाद में एक और नई बात बताई—‘बोना और काटना’। उन्...
- इससे अधिक और कुछ कोई अपने स्वजन सम्बन्धियों को दे ही क्या सकता है?...? सम्राट अशोक ने जो प्रेरणा पाई थी उसी को अपनाने के लिए अपने सुपुत्र महेन्द्र और पुत्री संघमित्रा को प...
- इससे अधिक और कुछ कोई अपने स्वजन सम्बन्धियों को दे ही क्या सकता है?...? सम्राट् अशोक ने जो प्रेरणा पाई थी, उसी को अपनाने के लिए अपने पुत्र महेन्द्र और पुत्री संघमित्रा को...
- इससे अधिक शर्मनाक बात क्या होगी?...? उन्होंने चुपचाप झोले से धोती निकाली और उसकी ओर बढ़ाई—‘‘लो बहन अपने भाई की ओर से इसे स्वीकार करो।’’यु...
- इससे अधिक सन्तोष कहाँ मिल सकता है?...? सिनेमा में क्या है, जिसे देखकर चैन और खुशी प्राप्त हो सके।...
- इससे अधिक सौभाग्य क्या?...? पुत्र और पुत्री में क्या भेद? भाई कर सकता है, तो बहन क्यों नहीं?भाई और बहन दोनों तैयार हुए। उन्हें स...
- इससे अब क्या बनने वाला है?...? नहीं साहब! यह तो हमारे पिताजी थे। बेटे! पिताजी थे तो वे हवा में चले गए। पिताजी ने तो कहीं जन्म ले लि...
- इससे आगे भी कुछ है क्या?...? प्रस्तुत परिस्थितियों के अतिरिक्त भी कोई विकल्प है क्या, यह सोचना उसके लिए कठिन पड़ता है। कूप मण्डूक...
- इससे आदमी की क्या जरूरत पूरी हो सकती है?...? कोई खास जरूरत पूरी नहीं हो सकती। उन्होंने कहा कि देना है, तो कोई कीमती चीज देनी चाहिए। रामकृष्ण परमह...
- इससे आदमी न जाने क्या कर सकता है?...? आदमी का दिमाग कमाल का है। ये क्या है? ये इनसान और जानवर की बनावट में साफ फर्क है, जो मैंने आपको बताय...
- इससे आप समझ जाएँगे कि हमारे जिद करने का मतलब क्या है?...? कारण क्या है?
शुकदेव जी के पक्ष में और व्यास जी के खिलाफ जो राय थी, वह उन्होंने बताई। क्या क...
- इससे आप समझ जाएँगे कि हमारे जिद करने का मतलब क्या है?...? कारण क्या है?शुकदेव जी के पक्ष में और व्यास जी के खिलाफ एक राय थी, वह उन्होंने बताई। क्या कहा उन्हों...
- इससे आपका क्या मतलब है?...? ब्राह्मण की कामधेनु का मतलब ‘ब्राह्मणत्व’ से है। अगर व्यक्तित्व में ब्राह्मणत्व का जन्म हुआ तो यह ...
- इससे आपका क्या ताल्लुक है?...? अजी साहब! यह बहुत खूबसूरत है और देखने में हमें बहुत अच्छा लगता है। अच्छा, तो इसका यह हड्डी का चेहर...
- इससे आपका क्या मतलब है?...? कहीं ब्याह-शादी करने से तो नहीं है? नहीं, ब्याह-शादी करने से मतलब नहीं है। जिस तरह नाव से नदी को पार...
- इससे आपका क्या मतलब है?...? आदमी-आदमी एकसे होते हैं, अत: उनका अधिकार भी एकसा होना चाहिए। आदमी-आदमी के हुक्म, आदमी-आदमी की मर्याद...
- इससे आपका क्या मतलब है?...? इसका मतलब यह है कि जो चीजें जिस तरीके से मिलती है, वे उस तरीके से न मिल करके शॉर्टकट से मिल जाया क...
- इससे आपका क्या मतलब है?...? कहीं ब्याह-शादी से तो नहीं है? नहीं, ब्याह- शादी करने से मतलब नहीं है। जिस तरह नाव से नदी को पार करन...
- इससे आपका क्या मतलब है?...? आदमी-आदमी एक से होते है। अत: उनका अधिकार भी एक-सा होना चाहिए। आदमी-आदमी के हुक्म, आदमी-आदमी की मर्या...
- इससे आपको क्या मतलब है?...? बेटे! हमको इसी से मतलब है। चिन्तन के अतिरिक्त आपकी भावनाएँ, आपकी अवस्थाएँ और निष्ठाएँ क्या हैं? आपकी ...
- इससे आपको क्या मतलब है?...? हम इसको वैकुंठ ले जाने वाले हैं और इसे मुक्ति दिलाने वाले हैं। हम बैंगन को नहलाएँगे। बदरीनाथ जी का म...
- इससे आपको क्या मतलब है?...? हम इसको बैकुंठ ले जाने वाले हैं और इसे मुक्ति दिलाने वाले हैं। हम बैंगन को नहलाएँगे। बद्रीनाथ जी का ...
- इससे आपको क्या मिल गया?...? क्या मिला मैं नहीं जानता, लेकिन सबसे कीमती चीज जो आपकी 'शर्म' थी वह आपने गँवा दी।
इस सम्बन्ध मे...
- इससे आपको क्या मिल गया?...? क्या मिला मैं नहीं जानता, लेकिन सबसे कीमती चीज जो आपकी 'शरम' थी वह आपने गँवा दी।इस सम्बन्ध में मुझे एक...
- इससे आपको क्या मिलेगा?...? इससे आपको भीतर से एक ऐसी चीज मिलेगी, जिसे सन्तोष कहते हैं। सन्तोष किसे कहते हैं? बेटे, सन्तोष उसे कहते ...
- इससे इस जमाने में क्या हो जायगा?...? आज के जमाने में जैसा हमारा चरित्र और व्यक्तित्व है, घर-परिवार में जैसा वातावरण है, उसमें ढल-ढलकर जो ...
- इससे उबरा कैसे जाय?...? उबारे कौन? वैज्ञानिकों के लिए कुटीर उद्योग से सम्बन्धित अगणित यन्त्र ऐसे बनाने के लिए पड़े हैं जिन्हे...
- इससे उसको खून भी नहीं निकलता, तो फिर हिंसा कैसे हुई?...? चिल्लाएगी नहीं, खून निकला नहीं, तो ये अहिंसा हुई। इस तरह उन्होंने अपने लिए अहिंसा का मतलब निकाल ...
- इससे और कुछ संपदा आएगी कि नहीं आएगी?...? बेटे! संपदा तो आएगी, पर बाँटने के लिए आएगी। बाँटने से हमें क्या फायदा? बेटे! बाँटने से अगर आपको यह म...
- इससे और कुछ संपदा आएगी कि नहीं आएगी?...? बेटे! संपदा तो आएगी, पर बाँटने के लिए आएगी। बाँटने से हमें क्या फायदा? बेटे ! बाँटने से अगर आपको यह ...
- इससे कम की जरूरत पड़ेगी?...? नहीं। कभी गाँधी जी ने कहा था—सौ आदमी मिल जाएँ, तो हमारा काम चल जाएगा। हमारा काम नहीं चलेगा, क्योंकि ...
- इससे कम देवता का वरदान होता है?...? नहीं, इससे कम देवता का वरदान हो नहीं सकता। तो इससे ज्यादा देवता का वरदान होता होगा? नहीं, इससे ज्याद...
- इससे कम में काम नहीं चल सकता था?...? अभी भी हजारों गाँधियों को पैदा करने की ताकत हरिश्चंद्र में है। गाँधी जी ने बचपन में हरिश्चंद्र का ड्...
- इससे कम में काम नहीं चल सकता था?...? अभी भी हजारों गाँधियों को पैदा करने की ताकत हरिश्चंद्र में है। गाँधी जी ने बचपन में हरिश्चंद्र का ड्...
- इससे कम में क्या हो सकता है?...? यही हो सकता है कि पूजा करते- करते, प्रार्थना करते- करते, मनोकामना कहते- कहते जिन्दगियाँ खत्म हो जा...
- इससे काम कैसे चलेगा?...? अगर किसी काम को कीजिए, तो पूरा कीजिए। थोड़ा-सा काम करने से क्या फायदा?मित्रो! हमने तो हमेशा अर्जुन ...
- इससे किसी को क्या मिलेगा?...? स्वर्ग-मुक्ति की उपरोक्त मान्यताएँ पौराणिक काल की अलंकारिक मान्यताएँ हैं। वस्तुतः स्वर्ग आत्मसन्तोष क...
- इससे कुछ लाभ होगा?...? नहीं, कुछ लाभ नहीं होगा। न तो वातावरण का संशोधन होगा, न ही करने वालों को धर्म की शान्ति मिलेगी। जो ल...
- इससे कुछ लाभ होगा?...? नहीं, कुछ लाभ नहीं होगा। न तो वातावरण का संशोधन होगा, न ही करने वालों को धर्म की शान्ति मिलेगी। जो लो...
- इससे कोई फायदा होगा?...? नहीं होगा। चमत्कार मिलेगा? नहीं, चमत्कार नहीं मिलेगा। तो क्या मिलेगा? खालिस अज्ञान आपके पल्ले पड़...
- इससे कोई मन हलका भले ही कर ले पर प्रगति का द्वार उससे कहाँ खुलता है?...? साधन जुटाने के लिए निम्नलिखित आजीविका स्रोतों की ओर ध्यान देना चाहिए और जहाँ जिस उपाय के जिस सीमा ...
- इससे कोई समस्या हल होगी?...? कोई समस्या हल नहीं होगी। क्योंकि आदमी इतना बदमाश और इतना बदकार, इतना जाहिल और जालिम हो गया है कि मैं...
- इससे कौन प्रसन्न हो जाएगा?...? बेटे, सब देवता प्रसन्न हो जायेंगे। महाराज जी! आपने तो बड़ा सस्ता तरीका बता दिया। इतने शक्तिशाली देवत...
- इससे क्या आप गरीब हो जाएँगे?...? कल मैं आपसे ईश्वरचंद्र विद्यासागर की बाबत कह रहा था। ईश्वरचंद्र विद्यासागर गरीब रह गए थे। उन्होंने अ...
- इससे क्या आपकी खाँसी ठीक हो जायेगी?...? नहीं कैसे ठीक होगी? आपको च्यवनप्राश अवलेह खाना पड़ेगा।
ब्रह्म को जीवन में धारण करना है ब्रह्मचर्य
...
- इससे क्या उसे प्यार-मोहब्बत मिल जाएगी?...? नहीं साहब! यह तो हम नहीं कह सकते। मैं पूछता हूँ कि क्या वहाँ ऐसी कोई माँ है, जो उसे छाती से लगाकर प्...
- इससे क्या करेगा?...? देखना अब मैं क्या जादू- चमत्कार दिखाता हूँ। इससे मैं सारे देवी- देवताओं को पकड़ लाऊँगा। अच्छा तू ...
- इससे क्या काम बनने वाला है?...? भगवान शंकर का आपने मन्दिर बनाया है। जिनकी आरती के लिए हर आस्तिक हिन्दू उपस्थित होता है। हम और आप ...
- इससे क्या फायदा हुआ?...? मत आप अनुष्ठान कीजिए, मत आप गालियाँ दीजिए। इससे कम से कम जमा-खरच तो बराबर रहेगा। नहीं साहब! हम तो भग...
- इससे क्या फायदा है?...? इससे यह फायदा है कि पानी की एक नन्ही बूँद एक पूरे बच्चे के रूप में विकसित हो जाती है।आजकल हमारा जो...
- इससे क्या फायदा है?...? लीजिए साहब! चाय पी लीजिए। ऐसी चाय पीने से तेरी क्या आफत आ गई। तू समझता नहीं है। इसी कप से अभी वो पीक...
- इससे क्या फायदा है?...? बेटे! हमारी कमजोरियाँ भी रुकावट डालती हैं। हमारे शुभचिंतक भी रुकावट डालते हैं। ये दो हो गए रुकावट डा...
- इससे क्या फायदा हो सकता है?...? इससे शरीर में कोई कमी होगी, कमजोरी होगी, तो शायद ठीक हो सकती है। यह योग कैसे हो सकता है? यह तो शरी...
- इससे क्या फायदा हो जाएगा?...? इससे ये फायदा हो जाएगा कि श्रीकृष्ण भगवान की गाय, बछड़े, बंसरी, कपड़े सब मेरे पास आ जाएँगे।
...
- इससे क्या फायदा हो जाएगा?...? आपका अब तक का जो रहन-सहन रहा है, अब तक का जो जीवन रहा है, सोचने का तरीका रहा है, उसको ऊपर-नीचे कर दी...
- इससे क्या फायदा हो जाएगा?...? इससे ये फायदा हो जाएगा कि श्रीकृष्ण भगवान की गाय, बछड़े, बसरी, कपड़े सब मेरे पास आ जाएँगे। माला और भला...
- इससे क्या फायदा होगा?...? बेटे, यहाँ जो आप ध्यानयोग के लिए आए थे, जो आध्यात्मिक लाभ उठाने के लिए आए थे, उससे आपका ध्यान बार-बा...
- इससे क्या फायदा होगा?...? इससे भगवान जी को फायदा होगा, उनको गालियाँ नहीं पड़ेंगी। नौ दिन तक सत्र किया और अठारह दिन तक गालियाँ ...
- इससे क्या फायदा होगा?...? इससे यह फायदा होगा कि आप नास्तिक होने से बच जायेंगे। क्योंकि जो ख्वाब हमने आपको दिखाये हैं कि उपास...
- इससे क्या फायदा होगा?...? फायदा हो या न हो, समाज की मर्यादा हमको बरदाश्त नहीं है। इसीलिए हम समाज की मर्यादा, कायदे-कानून को तो...
- इससे क्या फायदा होगा?...? एक प्रांत के आदमी, दूसरे प्रांत के लोगों से मिलेंगे। दूसरे प्रांत के तीसरे और तीसरे प्रांत के चौथे प...
- इससे क्या फायदा होगा?...? बेटे, यहाँ जो आप ध्यानयोग के लिए आए थे, जो आध्यात्मिक लाभ उठाने के लिए आए थे, उससे आपका ध्यान -बार ब...
- इससे क्या फायदा होता है?...? बेटे! कुछ फायदा नहीं होता। हमने रेडियो पर हजारों बार गीता सुनी है, भागवत सुनी है। इसका कुछ फायदा हुआ...
- इससे क्या फायदा होता है?...? इससे यह फायदा होता है कि यह बात हमारे ध्यान में आती है कि रोटी खाने से पहले देवता का हक है। देवता भी...
- इससे क्या बनता है?...? हम तो यह याद दिलाना चाहते थे कि हमारा दृष्टिकोण परिष्कृत होना चाहिए। आपको उस दिन व्याख्या करते हुए ह...
- इससे क्या बनता है?...? हम तो यह याद दिलाना चाहते थे कि हमारा दृष्टिकोण परिष्कृत होना चाहिए। आपको उस दिन व्याख्या करते हुए ह...
- इससे क्या बनता-बिगड़ता है?...? अमीर आदमी रेशमी कपड़े पहन सकता है तो कौन खास बात है? और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है तो कौन...
- इससे क्या बनता-बिगड़ता है?...? ऋषियों के पास सम्पत्ति कहाँ थी? ऋषियों ने जो बाँटा प्यार बाँटा, ज्ञान बाँटा, प्रकाश बाँटा। आपके पास भ...
- इससे क्या बनता-बिगड़ता है?...? अमीर आदमी रेशमी कपड़े पहन सकता है तो कौन खास बात है? और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है तो कौन स...
- इससे क्या बनने वाला है और क्या बिगड़ने वाला है?...? आग जलाने से भगवान् का क्या नुकसान है और दीपक जलाने से भगवान् का क्या बनता है? अतः ऐ दीपक! तू हमें ...
- इससे क्या बनने वाला है?...? चलता-फिरता पुस्तकालय
मित्रो! आज सबसे बड़ा प्रश्न यही है कि लोकरुचि ज्ञान की ओर से जो अस्त-व्...
- इससे क्या बनने वाला है?...? चलता-फिरता पुस्तकालय मित्रो! आज सबसे बड़ा प्रश्न यही है कि लोकरुचि ज्ञान की ओर से जो अस्त-व्यस्त हो ग...
- इससे क्या बनने वाला है?...? चलता-फिरता पुस्तकालयमित्रो! आज सबसे बड़ा प्रश्न यही है कि लोकरुचि ज्ञान की ओर से जो अस्त-व्यस्त हो गई...
- इससे क्या मतलब है आपका?...? अब हम आपके शरीर का वह हिस्सा देखेंगे, जो आपको नहीं दिखाई पड़ते हैं। पहले हम उसे देखेंगे, तब फिर आपक...
- इससे क्या मतलब है आपका?...? इच्छा से, स्वेच्छापूर्वक, खुशी से अपने ऊपर मुसीबत बरदास्त करना। एक तो मुसीबत वह होती है, जो जबरदस्...
- इससे क्या मतलब है?...? हम अच्छी तरह से जानते हैं कि पूजा से, भजन से, सिद्धियों से तेरा क्या मकसद है। यह मैं सब अच्छी तरह ...
- इससे क्या मिल सकता है?...? हमने सुना है कि अध्यात्म से भगवान् मिल सकता है। अरे साहब! भगवान् के मिलने में हमें कोई खास बात नहीं ...
- इससे क्या मिलेगा?...? सिद्धियाँ तो मिलेंगी आपको, लेकिन कितने की मिलेंगी? जितने कीमत की आपकी धूपबत्ती है। जितने कीमत की...
- इससे क्या लाभ हो सकता है?...? मुक्ति का माहात्म्य हर एक आध्यात्मिक शास्त्र ने सिखाया है और यह बताया है, सुनाया है कि जो आदमी मुक...
- इससे क्या लेना-देना है?...? मुख्य सवाल यह है कि आप अपनी जीभ पर काबू कर पाते हैं कि नहीं कर पाते। इसलिए मैं चाहता हूँ कि आप अस्...
- इससे क्या वह संस्कारवान् बन जाएगा?...? इससे क्या उसे प्यार-मोहब्बत मिल जाएगी? नहीं साहब! यह तो हम नहीं कह सकते। मैं पूछता हूँ कि क्या वहाँ ...
- इससे क्या हो जाएगा?...? इससे आपको कुंभ के दिन गंगाजी में स्नान का पुण्य मिल जाएगा। इस पर नेताजी रजामंद हो गए। पंडे ने गंगाजल...
- इससे क्या हो जाएगा?...? इससे तो होठ भी नहीं साफ होंगे। इससे तो अच्छा है कि होठ पर क्रीम लगा ले, वैसलीन लगा ले। नहीं महाराज ज...
- इससे क्या हो जाएगा?...? इससे आपको कुंभ के दिन गंगा जी में स्नान का पुण्य मिल जाएगा। इस पर नेता जी रजामंद हो गए। पंडे ने गंगा...
- इससे क्या हो जाएगा?...? कुछ भी नहीं होगा। सब चौपट हो जाएगा। विचार परिवर्तन अनिवार्य मित्रो! सामाजिक समस्याओं की गुत्थियों के...
- इससे क्या हो जाता है?...? दिमाग को सब पता रहता है। वह हुक्म देता है कि करवट बदल लीजिए। पैर पर पैर रखकर सो गए और एक पैर पर दूसर...
- इससे क्या हो जाता है?...? दिमाग को सब पता रहता है। वह हुक्म देता है कि करवट बदल लीजिए। पैर पर पैर रखकर सो गए और एक पैर पर दूसर...
- इससे क्या हो जायेगा?...? आप ड्रामा खेलने वालों के तरीके से सारे काम करते रहेंगे। यह क्या हो गया? इनकी मौत हो गयी। कैसे? राजा ...
- इससे क्या हो जायेगा?...? इससे आपको टेम्पेररी रिलीफ मिल जायेगी। सिर में दर्द होता है, तो ए.पी.सी. की गोली खा लीजिए। तो महारा...
- इससे क्या हो सकता है?...? जिस गाँव में चार सौ घर हैं तो क्या उस गाँव के प्रत्येक घर से एक-एक व्यक्ति एक-एक घण्टा समय समाज, देश...
- इससे क्या होगा?...? ऊँचा क्यों, नीचा क्यों नहीं?’’ मास्टर साहब सिखाते रहे। सात दिन बाद उन्होंने आना बन्द कर दिया। गुरुजी ...
- इससे क्या होगा?...? खान-पान का तो जो लाभ होगा सो होगा ही, खान-पान के लाभों (की) उतना मैं महत्त्व नहीं देता, जितना कि इस बा...
- इससे क्या होता है?...? बेटे! आदमी के स्वास्थ्य सम्वर्द्धन का स्वार्थ इससे जुड़ा हुआ है।
जनसम्पर्क का महत्त्व
...
- इससे छाले नहीं पड़ेंगे क्या?...? विवेकानन्द गुरु का संकेत समझ गए। इसके बाद महीने भर पड़े रहे, घर पर ही विश्राम करते रहे। एक महीने बाद...
- इससे ज्यादा आनन्द हमको कहाँ मिल सकता है?...? बेटे! यह बात हजरत मूसा की है।
अच्छा महाराज जी! हमारे शंकर जी की बात बताइए? तो बेटे, शंकर जी की ब...
- इससे तेरा क्या फायदा हुआ होगा?...? मालूम नहीं, शायद धुएँ से किसी की आँखें खराब हो गई हों। नहीं महाराज जी ! उस समय तो किसी की आँखें खराब...
- इससे तेरा क्या फायदा हुआ होगा?...? मालूम नहीं, शायद धुएँ से किसी की आँखें खराब हो गई हों। नहीं महाराज जी! उस समय तो किसी की आँखें खराब ...
- इससे तो आप न आते, तो अच्छा होता और आपने जन्म क्यों ले लिया?...? अवतार क्यों ले लिया? हमारी समझ में जरा भी आपका ये कहना नहीं आया।...
- इससे तो भगवान और विधाता दोनों ही नाराज होंगे कि हमारे विधान में क्यों हस्तक्षेप किया?...? ऐसी दशा में दीन-दुःखियों की सेवा, सहायता करना भी एक अपराध बन जाता है।किसी समाज का दर्शन-दृष्टिकोण भ्...
- इससे दरिद्रता नहीं बढ़ेगी क्या?...? बढ़ेगी। और क्या होगा? और क्या कह सकते हैं हम?
(क्रमशः)
एक फिजाँ, एक ही हवा; हो अब ...
- इससे दाम्पत्य-जीवन में क्या व्यवधान पड़ सकता है?...? परिवर्तन केवल इतना होगा कि पति-पत्नी और पत्नी-पति बन जायेगी। इस उदाहरण में कितना सत्य है नहीं कहा जा...
- इससे दूसरा भगवान से कुछ प्राप्त करने का या भगवान् के नजदीक, भगवान के भक्त होने का सबूत है?...? नहीं। अपने आपको सही कर लेना, अपने आप को सँभाल लेना, अपने आप की गलतियों को देख लेना, अपने आपकी गलतियो...
- इससे पहले यह जान लेना चाहिए कि दैत्य कैसे होते हैं?...? बेटे, दैत्य काले रंग के होते हैं। दैत्यों के दाँत बड़े-बड़े होते हैं। अच्छा? और दैत्यों के सींग होते ह...
- इससे बड़ा दयालु और कोई हो सकता है क्या?...? नहीं बेटे, बिजली से बड़ा दयालु कोई नहीं हो सकता। इसलिए उसे दयालु कहने में हमें कोई आपत्ति नहीं है।
...
- इससे बड़ा प्रशिक्षण आपके पास हम कहाँ से लाएँ?...? आपके लिए यह लैबोरेटरी आपको अध्यात्म के पूरे-के-पूरे प्रशिक्षण देने में सक्षम है। आपको इसे समझना चाहि...
- इससे बड़ा सौभाग्य और क्या हो सकता है?...? सन्तान नहीं है तो आप अकेले हैं। मियाँ-बीबी दो आदमी रहिए और अपना बचा हुआ पैसा समाज के लिए लगाइए। खुशहा...
- इससे बड़ा सौभाग्य हमारा क्या हो सकता है?...? भीम चले गए और उसे बचा लिया।मित्रो! यह क्या है? यह है देवता का मन। देवता का मन वह होता है कि जब उसके ...
- इससे बड़ी सम्पत्ति भगवान के खजाने में कोई नहीं है, आप विश्वास रखें—मनुष्य के जीवन से बढ़ के और क्या हो सकता है?...? आप दूसरे प्राणियों पे नज़र डालिए न—सब बेचारे किस तरीके से—कोई नंगा फिर रहा है, किसी का खाने का ठिकान...
- इससे बढ़कर लज्जाजनक बात और क्या हो सकती है?...? जिसने नहला-धुलाकर अपने सम्वेदनशील संस्कारों से अभिसिंचित कर अपने रस, रक्त और प्राणों से पोषण प्रदान क...
- इससे बात कैसे बनेगी?...? कहीं-न-कहीं, किसी-न-किसी को कुछ व्यावहारिक पहल तो करनी ही पड़ेगी। इसके लिए सबसे सुलभ, प्रभावी और व्या...
- इससे बड़ा और क्या चमत्कार हो सकता है?...? आप (इ) इतना ही चमत्कार काफी मानिए। आप अपने भीतर से अन्त:प्रेरणा को विकसित होने दीजिए और (ये) ये अनुभ...
- इससे बड़ा सौभाग्य और क्या हो सकता है?...? सन्तान नहीं है तो आप अकेले हैं। मियाँ-बीबी दो आदमी रहिए और अपना बचा हुआ पैसा समाज के लिए लगाइए। खुशहा...
- इससे बड़ा सौभाग्य और क्या हो सकता है?...? सन्तान नहीं है, तो आप अकेले हैं। मियाँ-बीबी दो आदमी रहिए और अपना बचा हुआ पैसा समाज के लिए लगाइए। खुश...
- इससे बड़ा सौभाग्य हमारा क्या हो सकता है?...? भीम चले गए और उसे बचा लिया।सच्चा अध्यात्ममित्रो! यह क्या है? यह है देवता का मन। देवता का मन वह होता ...
- इससे भी काम चल जाएगा?...? हाँ बेटे, मन्दिर ऐसे भी होते हैं। न्यूनतम भले ही हों, लेकिन व्यापक। ऐसे गायत्री माता के मन्दिर बनाने क...
- इससे भी काम चल जाएगा?...? हाँ बेटे, मन्दिर ऐसे भी होते हैं। न्यूनतम भले ही हों, लेकिन व्यापक। ऐसे गायत्री माता के मन्दिर बनाने क...
- इससे महीने में कितना कमा लेगा और साल भर में कितना कमा लेगा?...? गुरुजी! मैं तो वही धंधा करूँगा, बेटे कर ले। इसके लिए क्या-क्या चीज चाहिए? कागज, ब्रुश, रंग। लीजिए बन...
- इससे महीने में कितना कमा लेगा और साल भर में कितना कमा लेगा?...? गुरुजी! मैं तो वही धंधा करूँगा, बेटे कर ले। इसके लिए क्या-क्या चीज चाहिए? कागज, ब्रुश, रंग। लीजिए बन...
- इससे मेरे घर में बड़ा पुण्य हो जाएगा नहीं बेटे, इससे क्या पुण्य हो सकता है?...? ठीक है, तूने हमारी किताब खरीदी। इससे आठ आने हमें मिल गए तेरी प्रशंसा हो गई। तूने वेदों की पुस्तक म...
- इससे मैं क्या पवित्र हो जाऊँगा?...? पवित्र होना होगा तो दो बालटी से नहाएँगे, साबुन से नहाएँगे, बाथरूम में नहाएँगे। हाँ बेटे! उससे ज्यादा...
- इससे मैं क्या पवित्र हो जाऊँगा?...? पवित्र होना होगा तो दो बालटी से नहाएँगे, साबुन से नहाएँगे, बाथरूम में नहाएँगे। हाँ बेटे! उससे ज्यादा...
- इससे रत्ती के बराबर से ज्यादा क्या मिलेगा?...?
गुरु से जोड़ी बनाने का चमत्कार
इसलिए मित्रो! मैं क्या कह रहा था कि दूसरा तरीका आपके लिए ज...
- इससे वातावरण नहीं बनेगा?...? वातावरण बनता है, और हमारे गुरुदेव परोक्ष रूप से यहाँ छाए रहते हैं। गायत्री माता का प्रकाश और आलोक, आ...
- इससे शरीर का लाभ है क्या?...? शरीर का भी लाभ है। हम क्या सेवा कर सकते हैं हाथ से? हम आपके लिए पानी पिला सकते हैं, तेल मालिश कर सकत...
- इससे शरीर का लाभ है क्या?...? शरीर का भी लाभ है। हम क्या सेवा कर सकते हैं हाथ से? हम आपके लिये पानी पिला सकते हैं, तेल मालिश कर सक...
- इससे शरीर काँप गया, यही मतलब है आपका?...? हाँ साहब! ठीक है, मैं समझ गया, क्योंकि आप हर बात को शरीराध्यास में लेते हैं। स्थूलशरीर में कोई चीज द...
- इससे हमें क्या मतलब?...? खाद्यान्न हमारा अच्छा है। पागल कहीं का, खाद्य-खाद्य चिल्लाता रहता है कि पानी की बात भी पूछता है? हवा...
- इससे हो जाएगा?...? नहीं बेटे, इससे नहीं होगा। फिर क्या होगा? आप अपने जीवन में हृदयचक्र को जगाइए जिसको जाग्रत करने के लि...
- इसी तरीके से भगवान् की सेवा करने के लिए लंगड़ा-लूला काना-कुबड़ा मरा, अन्धा, बिना पढ़ा, जाहिल-जलील गन्दा आदमी रख दिया जाए, तो वह क्या कोई पुजारी है?...? पुजारी तो भगवान् जैसा ही होना चाहिए। भगवान् राम के पुजारी कौन थे? हनुमान जी थे। अतः कुछ इस तरह क...
- इसी आधार पर यह सोच सकना सम्भव हो सकता है कि कहीं अनावश्यक कार्यों में पैसे की बर्बादी तो नहीं हो रही और कहीं आवश्यक कामों की उपेक्षा तो नहीं की जा रही?...? तथ्य सामने होने पर ही उनका सुधार सम्भव है अन्यथा अँधेरे में कुछ पता ही न चलता कि कहाँ अनावश्यक खर्च ...
- इसी कमीनेपन को आप प्यार कह रहे थे?...? कमीनेपन को ही प्यार कहते हैं? नहीं साहब! यह तो हमारा प्यार है। खबरदार! आइन्दा जो प्यार का नाम लि...
- इसी का नाम भजन है?...? तपश्चर्या, साधना क्या इसी को कहते हैं? योगाभ्यास का सिद्धान्त यही है? मैं आपसे ही पूछता हूँ, जरा बता...
- इसी के लिए जिन्दगी है क्या?...? या इससे आगे भी है। बेटे! इसके आगे भी है।
इसके आगे वह जिन्दगी है कि सारा संसार आपको दुआ देता रहेगा...
- इसी को तू शक्तिपात कह रहा था ना?...? अरे बेवकूफ! शक्तिपात जीवात्मा में होता है, शरीर में नहीं हो सकता। नहीं साहब! कुण्डलिनी जगा दीजिए। कैस...
- इसी गायत्री माता की हम साधना करते हैं तो महाराज जी, गायत्री माता वह है जो थैली में रुपये लेकर आती है?...? नहीं, बेटे, वह रुपये वाली नहीं है। मित्रो! आपको यह जानना चाहिए कि वस्तुतः गायत्री किसका नाम है? गायत...
- इसी तरह अगर किसी व्यक्ति ने आपके साथ में एहसान न किया हो, तब?...? बदला न चुकाया हो, तब? सहायता न की, तब? तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे? मत झल्लाइए, कोशिश कीजि...
- इसी तरह अगर किसी व्यक्ति ने आपके साथ में एहसान न किया हो, तब?...? बदला न चुकाया हो, तब? सहायता न की, तब? तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे? मत झल्लाइए, कोशिश कीजि...
- इसी तरह अपने खान-पान के लिए स्वास्थ्य के लिए, आहार-विहार के लिए जैसा रखना था, वैसा ही रखा क्या?...? चिन्तन की शैली में जैसी शालीनता का समावेश होना चाहिए था, वैसा रखा क्या? नहीं। न हमने अपने शरीर के प्...
- इसी तरह आपको जमाना बदलता हुआ दिखता है क्या?...? नहीं दिखाई पड़ता। आपको भगवान का चौबीसवाँ अवतार होता हुआ दिखाई पड़ता है क्या? दुनिया का कायाकल्प होता ह...
- इसी तरह आपको जमाना बदलता हुआ दिखता है क्या?...? नहीं दिखाई पड़ता। आपको भगवान का चौबीसवाँ अवतार होता हुआ दिखाई पड़ता है क्या? दुनिया का कायाकल्प होता ह...
- इसी तरह कामवासनाओं की आग से क्या हमको कुछ मिल जाता है?...? नहीं, कुछ भी नहीं मिल जाता।...
- इसी तरह किसी मर्द को यकीन नहीं होता कि छह महीने बाद हमारे गृहस्थ जीवन का क्या होगा?...? लम्बे-चौड़े प्रेम-पत्रों को लिखे जाने के बावजूद हर मनुष्य इतना अशान्त होता हुआ चला जा रहा है।अमेरिका ...
- इसी तरह के मौके कितने सारे आये?...? चाणक्य ने भी ऐसा ही किया था। वे चन्द्रगुप्त को तलाशते उसके घर जा पहुँचे थे और कहने लगे—बेटा, हमारा ब...
- इसी तरह गाँधी जी पोरबन्दर में पैदा हुए और कहाँ चले गए?...? साबरमती चले गए। जब तक स्वराज नहीं मिला, आजादी नहीं मिली, वे दर-दर भटकते फिरे, गाँव-गाँव घूमते फिरे...
- इसी तरह जीवन को, व्यक्तित्व को बनाना, विकसित करना कितना कठिन, कितना जटिल है?...? यह उन लोगों से पूछिए जिन्होंने सारी जिन्दगी मेहनत- मशक्कत की और आखिर के दिनों में पंद्रह हजार रुपए क...
- इसी तरह से मीरा ने एक बार तुलसीदास जी को पत्र लिखा था, उसमें यह कहा कि आप मेरा मार्गदर्शन करिए मैं किस तरीके से अपने गृहस्थ जीवन से लोहा ले सकूँ?...? क्योंकि मुझे भगवान को स्मरण नहीं करने दिया जाता है, तो उन्होंने एक चौपाई लिखकर मीरा के पास भेज दी। क...
- इसी तरह से हिम्मत जिस आदमी के भीतर न हो वह भी क्या आदमी?...? गायत्री मंत्र आदमी को हिम्मत देता है। हिम्मत देने से छोटे-छोटे आदमी भी, साधनविहीन आदमी भी क्या से क्...
- इसी तरह हिन्दुस्तान की राजसत्ता जब ट्रांसफर हुई थी और अँग्रेज सरकार अपना शासन हिन्दुस्तान की सरकार को देकर गयी थी तो क्या चीज देकर गयी थी—फाइलें—नहीं?...? तब लार्ड माउण्टबेटन ने राजगोपालाचार्य को गवर्नर बनाया था और उनके हाथ में एक रोल थमा दिया था। यह रोल ...
- इसी तरीके से अपने स्वास्थ्य के लिए जो खान-पान और आहार-विहार जैसा रखना चाहिए था, वैसे रखा क्या?...? चिन्तन में, चिन्तन की शैली में जिस तरह की शालीनता का समावेश होना चाहिए था, वो रखा गया क्या? न, न हमन...
- इसी तरीके से इनसान को क्या करना पड़ेगा?...? कुत्ते के तरीके से अकेले रहना पड़ेगा। और औरत क्या होती है? अरे साहब! धर्मपत्नी को कहते हैं, जिसके सा...
- इसी तरीके से इनसान को क्या करना पड़ेगा?...? कुत्ते के तरीके से अकेले रहना पड़ेगा। और औरत क्या होती है? अरे साहब! धर्मपत्नी को कहते हैं, जिसके सा...
- इसी तरीके से एक पादरी आए और उन्होंने रामकृष्ण परमहंस से कहा—‘‘आप दिखावा करते हैं, आप ढोंग करते हैं और यह कहते हैं कि भगवान का साक्षात्कार हो गया, आप कालीमय हो गए, हमने ऐसा सुना है, तो आप दिखाइए कि कहाँ है भगवान?...? हम देखना चाहते हैं, नहीं तो आप झूठ बोलते हैं।’’
उन्होंने कहा—‘‘हम बिलकुल दिखाएँगे।’’ नदी के किनारे...
- इसी तरीके से नैतिक चीजों के बारे में बेअकली का अन्त है क्या?...? नहीं है। नैतिक मूल्य गिरे हैं सामाजिक कुरीतियों का कहाँ तक वर्णन किया जाए। इनका वर्णन नहीं करता मैं।...
- इसी तरीके से नैतिक चीजों के बारे में बेअकली का अन्त है क्या?...? नैतिक मूल्य गिरे हैंसामाजिक कुरीतियों को कहाँ तक वहन किया जाए और सामाजिक कुरीतियों को वहन करने के च...
- इसी तरीके से नैतिक चीजों के बारे में बेअकली का अन्त है क्या?...? नहीं है।
नैतिक मूल्य गिरे हैं
सामाजिक कुरीतियों का कहाँ तक वर्णन किया जाए। इनका वर्ण...
- इसी तरीके से बच्चों को किस तरीके से बनाया जाना है?...? उनको सुयोग्य बनाया जाना है या बुरा। उनको सुसंस्कृत बनाया जाना है या कुसंस्कारी। इसके लिए केवल वाणी क...
- इसी तरीके से भगवान की सेवा करने के लिए लँगड़ा-लूला, काना-कुबड़ा, मरा, अन्धा, बिना पढा, जाहिल-जलील, गन्दा आदमी रख दिया जाए, तो वह क्या कोई पुजारी है?...? पुजारी तो भगवान जैसा ही होना चाहिए। भगवान राम के पुजारी कौन थे? हनुमान जी थे। अतः कुछ इस तरह का पुजा...
- इसी तरीके से भगवान की सेवा करने के लिए लंगड़ा-लूला, काना-कुबड़ा, मरा, अन्धा, बिना पढ़ा, जाहिल-जलील, गन्दा आदमी रख दिया जाए तो वह क्या कोई पुजारी है?...? पुजारी तो भगवान जैसा ही होना चाहिए। भगवान राम के पुजारी कौन थे? हनुमान जी थे। अतः कुछ इस तरह का पुजा...
- इसी तरीके से भगवान कृष्ण के समय में सारे-के-सारे ग्वाल-बाल कौन थे?...? ये सब उनके सहयोगी थे, मित्र थे। अरे बेटा ! वे सारे-के-सारे देवता थे, जिनके अन्दर ये भावनाएँ पैदा हुई...
- इसी तरीके से हमारी तपश्चर्या चल रही है, क्या हमारे अकेले की चल रही है?...? नहीं! अकेले की नहीं। हमारे कुटुम्बियों को, हमारे भाइयों को, हमारे भतीजों को, हमारे बच्चों को, हमारे ...
- इसी प्रकार जिसको ईश्वर के सर्वव्यापक और न्यायकारी होने का विश्वास है, वह कुमार्ग पर पैर कैसे रखेगा?...? आस्तिक कुकर्मी नहीं हो सकता। जो कुकर्मी है उसकी आस्तिकता को एक विडंबना या प्रवंचना ही कहना चाहिए।ईश्...
- इसी प्रकार नव सृजन का लक्ष्य, कल्पना करने वालों को कठिन दीखता तो है, पर उस स्रष्टा को विदित है कि उनकी नव सृजनयोजना को पूरा करने के लिए, जो अपने प्राण हथेली पर रखकर अग्रगमन का साहस दिखा रहे हैं, उन्हें सफलता का लक्ष्य प्रदान करने के लिए क्या-क्या आवश्यकताएँ जुटानी और क्या जिम्मेदारी निभानी चाहिए?...? माँगने वाले भिखमंगे दरवाजे-दरवाजे पर झोली पसारते, दाँत निपोरते, गिड़गिड़ाते और दुत्कारे जाते हैं।...
- इसी प्रकार प्रजाजन यदि दुष्टता पर उतारू हो चलें तो फिर उन्हें नियन्त्रित करने में पुलिस कचहरी की शक्ति क्या काम करेगी?...? फिर वे लोग भी तो भ्रष्ट जनता में से ही निकल कर आये होंगे। उनका अन्तरंग नीति-भ्रष्टता के साथ साझीदारी...
- इसी प्रकार यह भी दृष्टव्य है कि दूसरों के अवलम्बन योग्य आध्यात्मिकता का प्रस्तुतीकरण करते हुए हमारे कदम ऋषि परम्परा अपनाने के लिए बढ़े या नहीं?...? जिसे जितनी यथार्थता मिले, वह उतनी ही मात्रा में यह अनुमान लगाए कि अध्यात्म विज्ञान का वास्तविक स्वरू...
- इसी प्रकार से छोटी बच्चियों के-बालिकाओं के सौन्दर्य का चित्रण नहीं हो सकता था?...? एक प्रौढ़ महिला जो अपने कन्धे पर बच्चे को लिए हुए खेत पर काम करने जा रही थी, क्या सुंदर नहीं बन सकती ...
- इसी में व्यक्ति की महानता है और इसी में समाज की समर्थता, इसे करे कौन?...? इसके लिए दसों दिशाओं में दृष्टिपात करने के उपरान्त नजर एक ही केन्द्रबिन्दु पर रुकती है, वह है जागृतो...
- इसी समय बच्चों को स्वयं भी कुछ न कुछ पढ़ाना चाहिए और कभी-कभी उनकी परीक्षा लेकर यह पता भी करना चाहिए कि वे किस गति से प्रगति कर रहे हैं?...? इस प्रकार बच्चों की पढ़ाई में स्वयं भाग लेकर उनकी अभिरुचि बढ़ाते रहना चाहिए, जो अभिभावक बच्चों की पढ...
- इसीलिए आप कारतूस को गाली दे रहे थे?...? हाँ बेटे! तेरे पास बन्दूक तो है नहीं, फिर गोली कैसे चलाएगा? इसलिए क्रियायोग के माहात्म्य का खंडन करने...
- इसीलिए आप कारतूस को गाली दे रहे थे?...? हाँ बेटे! तेरे पास बन्दूक तो है नहीं, फिर गोली कैसे चलाएगा? इसलिए क्रियायोग के माहात्म्य का खंडन करने...
- इसीलिए आपको ये प्रायश्चित करने के साथ-साथ में तितीक्षा करने के साथ-साथ में अब एक नया काम शुरू कर देना चाहिए - क्या शुरू कर देना चाहिए?...? पापों का प्रायश्चित - समयदान। समयदान के लिए क्या करना चाहिए? समयदान के लिए (क्या) क्या करना चाहिए? अ...
- इसीलिए क्या करना चाहिए?...? अनीति के विरुद्ध आप अगर तन के नहीं खड़े होंगे, तो अनीति दिन-दिन बढ़ती चली जाएगी, और आपको ही नहीं, बल्क...
- इसीलिए क्या करना चाहिए?...? अनीति के विरुद्ध आप अगर तन के नहीं खड़े होंगे, तो अनीति दिनोंदिन बढ़ती चली जाएगी और आपको ही नहीं, बल्क...
- इसीलिए खड़े रहते हैं कि जो नावें और जहाज समुद्र में होकर निकलते हैं, वो नाव और जहाज उस प्रकाश को देखकर के ये मालूम करें कि यहाँ कोई चट्टान तो नहीं है और समुद्र गहरा तो नहीं है, इसीलिए वो लगे रहते हैं और ये जो भगवान आते हैं, देवी-देवता जो आते हैं, इसीलिए आते हैं कि उनको देखकर के आदमी को ये मालूम पड़े कि किस तरह की जिन्दगी हमको जीनी चाहिए और कैसे हमको रहना चाहिए?...? शंकर भगवान का फोटो और चित्र इसीलिए बनाकर के रखा गया है कि हम उसको देखें और उसको समझने की कोशिश करें।...
- इसीलिए जन्म मिला था क्या?...? जिस काम के लिए जन्म मिला था वही किया क्या? पेट के लिए जितनी जरूरत थी उससे (ज) ज्यादा कमाते रहे क्या?...
- इसीलिए बुलाते हैं और हर एक आदमी से बार-बार यही सवाल पूछते रहते हैं कि क्या आप इस शानदार समय को पहचान सकते हैं?...? क्या आपकी अकल इतनी मदद करेगी कि आप इस शानदार समय को पहचान लें? अगर आपकी अकल इतनी सहायता कर दे और य...
- इसीलिए मुष्टिकासुर कौन था?...? एक हाथी था। भगवान् श्रीकृष्ण चाहते, तो और भी निन्यानवे हाथियों को मार सकते थे, क्योंकि उनके पास सत्य...
- इसीलिए यह उपाय सोचा गया है कि इतने महान प्रयोजन की पूर्ति एवं विशाल आयोजन के लिए एक विश्वस्त, परिचय देने वाला मॉडल खड़ा किया जाए कि प्रज्ञा अभियान की रूप रेखा का व्यावहारिक क्रियान्वयन किस प्रकार सम्भव है?...? इसी के लिए एक छोटा, किन्तु आदर्श एवं आनुपातिक मॉडल शान्तिकुञ्ज के रूप में बनाकर खड़ा कर दिया गया है...
- इसीलिए यह उपाय सोचा गया है कि इतने महान प्रयोजन की पूर्ति एवं विशाल आयोजन के लिए एक विश्वस्त, परिचय देने वाला मॉडल खड़ा किया जाए कि प्रज्ञा अभियान की रूप रेखा का व्यावहारिक क्रियान्वयन किस प्रकार सम्भव है?...? इसी के लिए एक छोटा, किन्तु आदर्श एवं आनुपातिक मॉडल शान्तिकुञ्ज के रूप में बनाकर खड़ा कर दिया गया है।...
- इसीलिए हम जप करते रहते हैं तो बाप नहीं मरेगा?...? बाप तो मरेगा; क्योंकि ये मरीज हैं। कब तक रह सकते हैं? महामृत्युञ्जय मंत्र से आप कहते हैं, अवश्य अच्छ...
- इसीलिए हम प्रकाश का ध्यान करते हैं; भीतर वाले का ध्यान करते हैं; अपने लक्ष्य का ध्यान करते हैं; जीवन का ध्यान करते हैं; तो गुरुजी आपने इसीलिए सूरज का ध्यान बता दिया?...? हाँ बेटे! वह तो हमने प्रतीक बता दिया है। उसकी चमक देखकर अगर आप यह अन्दाजा लगाते हों कि हमारे ध्यान मे...
- इसे
कौन करा रहा है?...? आखिर वह चतुराई कैसे चुक गई, जो बहुत कुछ पाने का सरंजाम जुटाकर
अलादीन का नया चिराग जलाने चली थी। प...
- इसे अगर आप हमारी आँखों से देख पाएँ तो आप देख सकते हैं कि कैसे तूफान आ रहे हैं, कैसी आँधियाँ आ रही हैं?...? आपको अपनी आँखों से दिखाई नहीं पड़ सकता, क्योंकि आप सामने की चीजें देखते हैं। आपको केवल वही चीज दिखाई ...
- इसे अगर आप हमारी आँखों से देख पाएँ तो आप देख सकते हैं कि कैसे तूफान आ रहे हैं, कैसी आँधियों आ रही हैं?...? आपको अपनी आँखों से दिखाई नहीं पड़ सकता, क्योंकि आप सामने की चीजें देखते हैं। आपको केवल वहीं चीज दिखाई...
- इसे अपनाने से क्या लाभ होते हैं?...? (१०) किस दुश्मन ने हमारी मनोभूमि का ढाँचा ही बदल दिया है? कथाएँ —— (१) अकबर के सामने एक मुकदमा आया।...
- इसे आप किस तरीके से अलग करेंगे?...? विवेकशीलता के माध्यम से ही यह सम्भव है कि आप इन दोनों को एक-दूसरे से अलग कर दें। अन्यथा दूध और पानी म...
- इसे आप मान लेंगे ना?...? हाँ साहब मान लेंगे।
मित्रो! चलिए पुराने जमाने के लोगों के कुछ थोड़े से उदाहरण मैं आपके सामने पेश कर...
- इसे आप सीखना चाहते हैं?...? नहीं, इन सबसे कोई फायदा नहीं होगा। हाँ, यह बात अलग है कि इससे आपको अपनी रोटी मिल जाय, धंधा मिल जाय...
- इसे आपको समझना पड़ेगा, इस पर विचार करना पड़ेगा कि ऐसा आखिर क्यों है?...? मित्रो! आप लोगों के ऊपर, नई पीढ़ी के ऊपर वो जिम्मेदारियाँ आ रही हैं, आयेंगी और आनी चाहिए। आप लोगों को...
- इसे आश्चर्य नहीं तो और क्या कहें?...? राई जितने छोटे बीज का विशाल वट-वृक्ष के रूप में सुविस्तृत हो जाना क्या कोई कम आश्चर्य की बात है? यह ...
- इसे आश्चर्य ही कहना चाहिए, कि सृष्टि के समस्त प्राणियों की तुलना में हर दृष्टि से सुसम्पन्न प्राणी, इस तरह दिन गुजारे मानों विपन्नताओं ने सभी ओर से घेर रखा हो?...? तनिक गम्भीरता से विचार करने पर कारण स्पष्ट हो जाता है। वासना, तृष्णा और अहंता के निविड़ भव-बन्धनों न...
- इसे करेगा कौन?...? इसका उत्तर एक ही है कि जागृत मनुष्यों में से अधिकांश की महत्त्वाकांक्षाएँ इसी दिशा में मुड़ेंगी कि व...
- इसे कल बताऊँगा आपको जो भी आपको साधना के बहिरंग क्रिया-कलाप सिखाते हैं, आखिर क्या उद्देश्य है इनका?...? क्रिया का कोई उद्देश्य होना चाहिए। क्यों साहब, पालथी मारकर क्यों बैठते हैं? पद्मासन में क्यों बैठते ...
- इसे कहाँ और कैसे फिट किया जाय?...? अकल का फायदा कैसे उठाना चाहिए और अकल को किस रास्ते पर चलना चाहिए? इस विधा का नाम था-ज्ञानयोग। ज्...
- इसे किसके साथ जोड़ना है?...? उस महानता के साथ जोड़ना, जो चहुँ ओर फैली हुई है। हम अपने छोटे से दायरे को समाप्त करेंगे और विशाल में...
- इसे किसने स्थापित किया था?...? यह अन्ना साहब थे, जो ग्वालियर जिले की एक छोटी सी कैंटीन में कही मामूली-सा क्लर्क का काम करते थे। उ...
- इसे कैसे देवोपम बनाया जा सकता है?...? जीवन की अस्तव्यस्तता का उदारीकरण कैसे किया जा सकता है? जीवन ठीक तरीके से कैसे जिया जा सकता है? अगर ठ...
- इसे कौतुक-कौतूहल के अतिरिक्त और क्या कुछ कहा जाए?...? ऐसों का व्यक्तित्व उपाहासास्पद बन जाता है और पता चलने पर निकटवर्तियों से लेकर सहयोगियों तक सभी पल्ला...
- इसे कौन करा रहा है?...? आखिर वह चतुराई कैसे चुक गई, जो बहुत कुछ पाने का सरंजाम जुटाकर अलादीन का नया चिराग जलाने चली थी। पहुँ...
- इसे कौन छीन सकता है?...? अब हमको मालूम पड़ता है कि यह दौलत हमारी नहीं थी और यह हमें छल रही थी। अगर यह विचार हमें जीवन में पह...
- इसे कौन बदल रहा है?...? बीसवीं सदी का अवतार, जिसे हम प्रज्ञावतार कहते हैं। आदमी की अकल बहुत ही वाहियात है। इस अकल ने सारी ...
- इसे कौन बदल रहा है?...? बीसवीं सदी का अवतार, जिसे हम प्रज्ञावतार कहते हैं। आदमी की अकल बहुत ही वाहियात है। इस अकल ने सारी ...
- इसे क्या कहते हैं?...? इसे हम संपदा कहते हैं।किसी के पास जमीन है। भगवान् की कृपा से उस साल अच्छी वर्षा हो गई, तो दो सौ क्वि...
- इसे क्या कहते हैं?...? अध्यात्म इसी का नाम है। जो अध्यात्म आपने पढ़ा है, वह अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म माँगने की विधा का ना...
- इसे क्या कहते हैं?...? मुक्ति कहते हैं।
ललक-लिप्साओं के बन्धन
मित्रो! आदमी के पास तीन बन्धन हैं। इन तीन बन्धनो...
- इसे क्या कहते हैं?...? इसे तप कहते हैं।
मित्रो! आपने तपस्वी देखे हैं न? हाँ, तपस्वी देखे हैं। चारों ओर आग जला लेते ...
- इसे क्या कहते हैं?...? अध्यात्म इसी का नाम है। जो अध्यात्म आपने पढ़ा है, वह अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म माँगने की विधा का नाम...
- इसे क्या कहते हैं?...? इसे हम संपदा कहते हैं।किसी के पास जमीन है। भगवान की कृपा से उस साल अच्छी वर्षा हो गई, तो दो सौ क्विं...
- इसे क्या कहते हैं?...? रिकॉल कोई एक चीज हमारे हाथ से चली गई और हम उसको भूल गए हैं। किसको भूल गए हैं? भगवान को भूल गए हैं—आत...
- इसे क्या कहते हैं?...? बेटे! इसे पुरुषार्थ कहते हैं, इसे भाग्य कहते हैं।एक बार घर जाने का समय आ गया। उस समय लोग एक पैसा में...
- इसे क्या दान करेंगे आप?...? आप तो केवल अपनी गरीबी दान कर सकते हैं, अपनी कंगाली दान कर सकते हैं। अपनी बुज़दिली दान कर सकते हैं।...
- इसे क्यों पहनते हैं?...? हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है? तब आपका जवाब होता है-चुप बे, ज्यादा बोलता है। हमारे बाप-दादा पहनते थे...
- इसे क्यों पहनते हैं?...? हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है? तब आपका जवाब होता है—चुप बे, ज्यादा बोलता है। हमारे बाप-दादा पहनते है...
- इसे जब हम यूनीवर्सल रूप देंगे तो देवियों को उनमें से हटा देंगे, फिर आप क्या करेंगे?...? हम प्रकाश को रखेंगे। प्रकाश? हाँ, बेटे! यह सबका है। तुझे मालूम नहीं है, गायत्री मंत्र क्या ह...
- इसे तैयार करने में क्या खरच पड़ता है?...? आपका पहनावा तो हमारे जिम्मे नहीं है, हम आपको साबुन नहीं देते। और आपकी कोई जिम्मेदारी हमारे ऊपर नहीं ...
- इसे दुनियादारी का ज्ञान ही कहाँ है?...? हम हँसते-खेलते रहें और गन्दी बातें करते रहें तो इस पर क्या असर पड़ने वाला है? यह समझना माता-पिता की ब...
- इसे देख समझ कर सही कल्पना की जा सकती है कि भविष्य कैसे बदलेगा?...? नूतन सदी कैसे आएगी। सामान्यतया अपने चारों ओर दृष्टि दौड़ाने पर पता चलता है कि जनसाधारण के लिए प्रचलनो...
- इसे देख समझ कर सही कल्पना की जा सकती है कि भविष्य कैसे बदलेगा?...? नूतन सदी कैसे आएगी।सामान्यतया अपने चारों ओर दृष्टि दौड़ाने पर पता चलता है कि जनसाधारण के लिए प्रचलनो...
- इसे दो हिस्से में बाँट लूँ?...? हाँ, बेटे! दो हिस्से में बाँटने से काम चल जाएगा। दो हिस्सों में बाँटने से हम यह बता देंगे कि तेरे पा...
- इसे नासमझी के अतिरिक्त और क्या कहा जाय?...? भगवान् ने कहा कि मैंने इसे बहुत प्यार से पैदा किया, पाला, बड़ा किया कि शायद यह मेरे काम आयेगा। मेरा...
- इसे निभाने में, मनोबल में, कच्चाइयाँ जरूर रही होंगी, दूसरों की तरीके से उनका भी मन कभी-कभी भीतर-भीतर डगमग-डगमग करता रहा हो?...? लेकिन उनके संकल्प ने कहा-नहीं हमने निश्चय कर लिया है, रघुकुल रीति सदा चल आई प्राण जाई पर वचन न जाह...
- इसे बारीकी से देखना पड़ता है कि जीवन की स्थिरता और विकास के लिए अत्यधिक आवश्यक साधन क्या है?...? उनमें से कितने ही ऐसे होते हैं, जिनकी ओर ध्यान तक नहीं जाता। उनकी पूर्ति के लिए अपने बजट में गुंजाइश...
- इसे भजन कौन कहेगा?...? ऐसा मत कीजिए। केवल कर्मकाण्डों को ले करके, विधि-विधानों को ले करके, केवल मूर्तियों और प्रतिमाओं ...
- इसे मिटाना क्यों आवश्यक है?...? (२) तंबाकू में कौन २ से विष होते हैं? (३) तंबाकू के सेवन से कौन-कौन से रोग होते हैं? (४) तंबाकू स्वा...
- इसे मैं किस तरीके से पूरा कर सकूँगा?...? मेरे पास रुपया कहाँ हैं? पैसा कहाँ है? मेरे पास साधन कहाँ हैं? भगवान ने कहा कि तू आगे चल और पीछे से ...
- इसे मैं कैसे खतम करूँगा?...? इस टेक्नीक के लिए मेरी जिन्दगी खतम हो गयी। इस टेक्नीक के लिए मैंने ६ घण्टे रोज चौबीस वर्षों तक जौ की...
- इसे रोक सकते हैं?...? हाँ, रोक सकते हैं। अगर आप बाँध बनाने का मतलब समझ गए हों, तो आपको इंद्रियनिग्रह की बात को भी समझना हो...
- इसे साकार करने का श्रेय किसको मिलने वाला है?...? गायत्री माता को, युगशक्ति गायत्री को। और उससे भी ज्यादा श्रेय आप लोगों का होगा, जो आज साहसपूर्वक अपन...
- इसे स्वर्ग प्राप्ति न कहें तो और क्या कहें?...? सम्मानास्पद, श्रद्धा पात्र, सज्जन और प्रामाणिक किसी व्यक्ति को माना जाय, इससे बढ़कर सौभाग्य और सन्तोष...
- ईंट और पत्थरों का उपयोग क्यों होगा?...? क्योंकि तब मनुष्य बुद्धिहीन हो जाएँगे। तब जो कुछ प्राणी बचेंगे, वे इतने बेअकल, इतने साधनहीन और इतने ...
- ईंट और पत्थरों का उपयोग क्यों होगा?...? क्योंकि तब मनुष्य बुद्धिहीन हो जाएँगे। तब जो कुछ प्राणी बचेंगे वे इतने बेअकल, इतने साधनहीन और इतने अ...
- ईंट का बादशाह आपने देखा है?...? ये कौन जा रहे हैं? हिप्पी साहब जा रहे हैं? क्या मामला है? आप ऐसे क्यों रहते हैं? इसलिए कि सब हमारी श...
- ईंटें क्या (है)?...? मामूली मिट्टी है, जो पानी बरसते ही बह जाती है। लेकिन जब उसको तपा देते हैं आग में, तो ईंट कैसी मज़बूत ...
- ईंधन के अभाव मेें कारखाने एवं द्रुतगामी वाहन भविष्य में कैसे चलते रहेंगे?...? यह एक बड़ा प्रश्न है। फिर इसी प्रयोजन के लिए धातुएँ भी तो असाधारण मात्रा में प्रयुक्त होती हैं। उनकी...
- ईमानदारी का तकाजा तो यही है और बेईमानी का यह है कि हमारे माता-पिता जो धन छोड़ गए हैं, वह हमारे लिए ही खरच होना चाहिए?...? अगर माता-पिता जीवित हैं, तो बच्चे उनसे झगड़ा करते हैं कि आपने हमें पैदा किया है, तो आपका कर्तव्य होत...
- ईमानदारी में मिली, भले से वह जौ की रोटी क्यों न हो, सत्तू की क्यों न हो?...? वह मोहनभोग से ज्यादा है, मेवा से ज्यादा है, मिठाई से ज्यादा है, फल से ज्यादा है, घी से ज्यादा है, दू...
- ईश्वर का विश्वासी कैसा होता है?...? एक पिता अपने बेटे के साथ फसल की चोरी करने के लिए एक किसान के खेत पर गया। खेत काट करके—फसल चोरी करके ...
- ईश्वर का विश्वासी, जिसे हर नारी में सिया मालूम पड़ती है, जिसे हर नारी के भीतर अपनी माता मालूम पड़ती है, उसकी आँखों के तेज का आप अंदाज लगा सकते हैं क्या?...? आप अंदाज नहीं लगा सकते कि वह आदमी कैसा होगा।
मित्रो! शिवाजी की घटना आपको मालूम है न? सैनिकों ने ए...
- ईश्वर के एक अंग की उपासना की जाए और अन्यों की बिलकुल उपेक्षा की जाए तो परमात्मा उस भक्त से कैसे सन्तुष्ट हो सकता है?...? भक्ति का स्वरूप सर्वांगीण होना चाहिए मुँह से भोजन कराया जाए और पाँवों को बाँधकर एक ओर पटक दिया जाए त...
- ईश्वर के पारलौकिक और अदृश्य जगत को यदि माना जाए और सम्पूर्ण संसार को, उसकी देह को उससे भी उतना प्यार होना चाहिए जितना प्राण से देह की उपेक्षा से प्राणों का अस्तित्व भला कही सम्भव हो सका है?...? ईश्वर के उपासक में श्रद्धा, भक्ति, एकाग्रता बुद्धि की तीक्ष्णता के साथ-साथ जीव और प्रेम का भी समन्वय...
- ईश्वर के बारे में इतना ज्यादा लिखा और कहा गया है कि मैंने बारीकी से देखा और यह सोचा कि पूजा-पाठ से लेकर ईश्वर की चर्चा और लीला कहने तक इस सबका क्या प्रयोजन है?...? मुझे एक ही प्रयोजन जान पड़ा कि ईश्वर-परब्रह्म तो अपार शक्ति है। वह नियामक शक्ति है और आदमी के काम को ...
- ईश्वर के बारे में इतना ज्यादा लिखा और कहा गया है कि मैंने बारीकी से देखा और यह सोचा कि पूजा-पाठ से लेकर ईश्वर की चर्चा और लीला कहने तक, इस सबका क्या प्रयोजन है?...? मुझे एक ही प्रयोजन जान पड़ा कि ईश्वर—परब्रह्म तो अपार शक्ति है। वह नियामक शक्ति है और आदमी के काम को...
- ईश्वर के सामने हमारी चतुरता क्यों नहीं चल सकती?...? ४. आस्तिकता को ही धर्म का प्रथम आधार क्यों माना गया है? ५. आज के युग में आस्तिकता किस तरह विकृत हो ग...
- ईसा कहाँ पैदा हुए थे?...? कहाँ जन्म लिया और कहाँ-से-कहाँ चले गए। मोहम्मद साहब मक्का में पैदा हुए और मदीने चले गए। वहाँ रहे औ...
- ईसा कौन थे?...? दार्शनिक थे। उन्होंने अपने समय को बदलने वाला दर्शन दिया था। दर्शन वह, जो आदमी के अन्तरंग को छूने वाल...
- ईसाइयों की बाइबिल जिस तरह से सस्ते में छपती है, क्या हम नैतिक, सामाजिक और सांस्कृतिक विचारों को असंख्य भाषाओं में छापने के लिए पूँजी का प्रयोग नहीं कर सकते?...? क्या अच्छे चित्रों का प्रकाशन करने के लिए पूँजी की जरूरत नहीं है? पूँजी का आह्वान है। हम पूँजी का आह...
- ईसाइयों की बाइबिल जिस तरह से सस्ते में छपती है, क्या हम नैतिक, सामाजिक और सांस्कृतिक विचारों को असंख्य भाषाओं में छापने के लिए पूँजी या प्रयोग नहीं कर सकते?...? क्या अच्छे चित्रों का प्रकाशन करने के लिए पूँजी की जरूरत नहीं है? पूँजी का आह्वान है। हम पूँजी का आह...
- ईसाई बोला-टाई हमें ईसामसीह के त्याग की याद दिलाती है और मुसलमान युवक बोला-दाढ़ी हमें अल्लाह की कुदरत की?...? तो फिर चोटी भी तो हमें अपने भगवान की अपने सनातन आदर्शों की याद दिलाती हैं हम उसे धारण करते हैं तो इस...
- ईसाई से हमने यह पूछा कि हनुमान जी के बारे में आपका क्या ख्याल है?...? साहब! हमारी समझ में कुछ नहीं आता। वे न सपने में दिखते हैं, न दिन में दिखते हैं और न रात में दिखते है...
- ईसामसीह के पास पैसा था?...? किसके पास पैसा था? पैसा डाकुओं के पास है, चोरों के पास है, नेताओं के पास है, जो विलासिता के लिए पा...
- ईसामसीह को फाँसी पर-क्रास पर लटका दिया था, तो उनको हारा हुआ कहें या जीता हुआ कहें?...? आपके हिसाब से जीता हुआ हो या हारा हुआ हो, लेकिन मेरी दृष्टि में बेटे! वही आदमी सफल है, जो सिद्धान्तों...
- ईसामसीह मर गए?...? नहीं बेटे, वे कैसे मर सकते हैं? भगवान बुद्ध मर गए? नहीं, वे नहीं मरे। वे अमर हो गए। कैसे व्यक्ति अमर...
- ईसामसीह मर गये?...? नहीं बेटे, वे कैसे मर सकते हैं। भगवान् बुद्ध मर गये? नहीं, वे नहीं मरे। वे अमर हो गये। कैसे व्यक्त...
- ईसामसीह सफल हुए कि असफल?...? ईसामसीह ने सारी जिन्दगी भर धर्म का प्रचार किया। उनके तेरह चेले बने। तेरह में से क्या हुआ? उनके खिला...
- ईसामसीह से एक आदमी ने पूछा आपने भगवान देखा है?...? उन्होंने कहा—हाँ, तो दिखाइये। ईसा एक छोटा बच्चा उठाकर ले आये और बोले—यही भगवान है। इसका मन निर्मल, भ...
- ईसामसीह से एक आदमी ने पूछा—‘‘आपने भगवान को देखा है?...? ’’ उन्होंने कहा—हाँ, हमने देखा है। आप हमको दिखा सकते हैं? उन्होंने कहा—हाँ, हम आपको दिखा सकते हैं। त...
- ईसामसीह से एक बार एक व्यक्ति ने पूछा—बताइए, भगवान कहाँ है?...? उन्होंने एक बच्चे को गोद में उठा लिया और कहा—यही भगवान हैं। बच्चे जैसी मनःस्थिति, ऐसी ही हमारी कल्पन...
- ईसामसीह से एक बार एक व्यक्ति ने पूछा—बताइये भगवान कहाँ हैं?...? उन्होंने एक बच्चे को गोद में उठा लिया और कहा यही भगवान हैं। बच्चे जैसी मन:स्थिति, ऐसी ही हमारी कल्पन...
- उचित और अनुचित का निर्णय करने वाले यंत्र इसी शरीर में लगे हैं, जो तत्काल यह बता देते हैं कि क्या करना चाहिए, क्या नहीं?...? मर्यादाओं का पालन और वर्जनाओं का अनुशासन मानने भर से उद्देश्य की पूर्ति हो जाती है।आहार-विहार का ध्य...
- उचित-अनुचित का वर्ण भेद कौन करे?...? जो चल रहा है वह उचित है, इस मानसिक आलस्य ने हमारी मनोभूमि का अधिकांश भाग मूढ़ता एवं अविवेक भरे विचारो...
- उच्च- स्तरीय चरित्र बनाने के लिए आप अपने जीवन की संपदा में से कोई हिस्सा निकालते हैं कि नहीं, जबाब दीजिये?...? नहीं साहब! हम तो भजन करते हैं। बेटे भजन की बात करेगा, तो अबकी बार मैं गाली दूँगा। बड़ा आया भजन करने...
- उछल कर सुविस्तृत विश्व-वसुधा के साथ जुड़ जाने की योजना तक गले नहीं उतरती, फिर उस स्तर का पराक्रम करते किस प्रकार बन पड़े?...? जब समूचा समय और साधन अभ्यस्त विडम्बना में ही खप जाता है, तो वह कैसे करते बन पड़े, जिसके लिए महाकाल क...
- उछल करके इधर को आऊँ या उधर को जाऊँ?...? " जेलर ने कहा—"इधर को ही आ जाइए, उधर मत जाओ। उधर में आपके लिए भी जोखिम है और हमारे लिए तो है ही। दो...
- उज्ज्वल कल्पनाएँ आपको करना नहीं आता?...? आप विधायक विचार नहीं कर सकते, आपको निषेधात्मक विचारोंं को हटाना नहीं आता। आप विधेयात्मक विचार सोच ली...
- उज्ज्वल कल्पनाएँ आपको करना नहीं आता?...? आप विधेयात्मक विचार नहीं कर सकते? आपको निषेधात्मक विचारों को कटाना नहीं आता? आप विधेयात्मक विचार शुर...
- उज्ज्वल भविष्य की संरचना में प्रमुख भूमिका निभा सकने में समर्थ इस महान प्रचलन को अपनाने के लिए, विचारशील पीढ़ी में क्या नया उल्लास-आवेश उपजाया जा सकता है?...? वस्तुत: सच्चे अर्थों में समयदान करते तभी बन पड़ता है, जब अन्तराल की गहराई से आदर्शों पर चलने के लिए ...
- उठना तो उसी को है, उस समुद्र में घुसे कौन?...? और कौन गहरे गोते लगाकर मोतियों की तलाश करें?इन प्रश्नों का उत्तर वानप्रस्थ परम्परा के पुनर्जागरण पर ...
- उठाईगीर, लुच्चे-लफंगे छल-छद्मों के सहारे आए दिन बहुत कुछ कमाते रहते हैं, पर मुफ्त के माल का सदुपयोग कर सकना कदाचित् ही किसी से बन पड़ा हो?...? भोजन तभी हजम होता है, जब पचाने के लिये कड़ी मेहनत की जाये। मेहनत की, ईमानदारी की कमाई ही फलती-फूलती ...
- उठाईगीरी नहीं है, तो क्या है?...? मित्रो! हम कुटुम्ब में रह करके, परिवार में रह करके ही सीखते हैं कि हमें अपनी कमाई के ऊपर अंकुश होना च...
- उठाता कौन है?...? भगवान। इंसान के भीतर उठाने वाला जो माद्दा है, उसको कहते हैं भगवान। भगवान किसे कहते हैं? आदमी के भीतर...
- उठाता कौन है?...? भगवान इनसान के भीतर उठाने वाला जो माद्दा है, उसको कहते हैं भगवान। भगवान किसे कहते हैं? आदमी के भीतर ...
- उठाव शुरू हो जायेगा?...? हाँ उठाव भी शुरू हो जायेगा।...
- उठो, उठो मुन्ना, देखो कोई चींटी तो दबकर नहीं मर गई?...? ' आपके ऐसा कहने से बच्चा अपनी चोट भूलकर चींटी की फिक्र में लग जाएगा।
७-बच्चे से बातचीत करते समय ...
- उत्तरदायित्व निभाया या नहीं?...? यहाँ यह भली प्रकार समझ लेना चाहिए-साधन सम्पदा मात्र शरीर यात्रा के काम आती है। जीवन को सुसम्पन्न, सम...
- उत्तराखण्ड में जहाँ-तहाँ देवी-देवताओं के मन्दिर तो बन गए हैं ताकि उन पर धनराशि चढ़ती रहे और पुजारियों का गुजारा होता चले, पर इस बात को न कोई पूछने वाला है न बताने वाला कि ऋषि कौन थे?...? कहाँ थे? क्या करते थे? उसका कोई चिह्न भी अब बाकी नहीं रहा। हम लोगों की दृष्टि में ऋषि परम्परा की तो ...
- उत्तराधिकारी कौन होता है?...? वही होता है, जो उद्देश्यों के लिए समर्पित होता है। व्यक्ति के लिए हम नहीं कह रहे हैं। बेटे! यह मत कह...
- उत्तेजना में आदमी खा तो अधिक जाता है पर मात्रा से अधिक पचावे कौन?...? धीरे-धीरे अपच बढ़ता जाता है और पाचन-तन्त्र इतना कमजोर बन जाता है कि स्वल्प मात्रा में आहार पचाना भी क...
- उत्थान का सम्बल कहाँ से मिले?...? इन प्रश्नों का उत्तर एक ही निकाला गया-तीर्थ यात्रा का प्रचलन।व्यक्तिगत स्तर की साधनाओं में ही रुचि स...
- उत्साह के हिसाब से दरिद्र रहेंगे और मनहूसों की तरह से हमेशा बैठे रहेंगे और कहते रहेंगे कि काम करने से क्या फायदा?...? भाग्य में हमारे काम करना लिखा है। बच्चियों को वहाँ ब्याहने का प्रयास करते हैं कि हमारी बेटी को काम न...
- उदारता के अभाव में उसे अभावग्रस्तों के लिए लगा सकने का तो साहस ही नहीं उभरता, फिर निजी आवश्यकताओं के उपरान्त जो बचे, उसका आखिर हो क्या?...? मात्र एक ही मार्ग रह जाता है—दुरुपयोग इस प्रकार निकृष्ट स्तर की स्वार्थ संकीर्णता में फँसे और अधिक उ...
- उदारता बरतने से अपने पास क्या रहेगा?...? इसलिये निष्ठुर, विलासी, दुष्ट एवं अपराधी बनकर भी वैभव और विलास को अधिकाधिक मात्रा में उपलब्ध करना चा...
- उदाहरण के लिए ऊपर से चिकना- चुपड़ा दिखाई देने वाला यह शरीर क्या है?...? पाखाने के घड़े के ऊपर चमकदार पन्नी चिपका दी गयी है। पन्नी को उखाड़कर देख, भीतर क्या रखा है? नहीं साह...
- उदाहरण के लिए एक वर्ष का बच्चा जब खड़े होने का प्रयास करता है तो उसे इतनी बुद्धि नहीं होती कि वह पहले यह अनुमान लगाए कि उसमें खड़े होने की सामर्थ्य आ भी गई है या नहीं?...? वह तो माता-पिता की तरह या बड़े भाई-बहिनों की तरह स्वयं भी अपना पाँवों पर खड़ा होना चाहता है, इसके लि...
- उदाहरण से समझाइए?...? (७) बीमारियाँ कैसे आती हैं? तथा उनसे निपटने का क्या रास्ता है? (८) विद्वानों की पंक्ति में किस तरह ब...
- उदाहरणों के द्वारा समझाइए?...? (५) प्रजातंत्र युग में सहकारिता का महत्त्व किस तरह है। प्रतिपादित कीजिये? (६) कृषि, व्यवसाय, उत्पादन...
- उद्देश्य ऊँचे रखने चाहिए, लक्ष्य बड़े से बड़ा रखा जा सकता है पर यह न भूला दिया कि आज हम कहाँ हैं?...? आज की परिस्थिति को समझना और उसी आधार पर आगे बढ़ने की बात सोचना ही व्यावहारिक बुद्धिमत्ता है। भविष्य ...
- उद्देश्य क्या है?...? अगर आप इस तरीके से कर पाए, तो आप धन्य हाे जाएँगे। मैं धन्य हो जाऊँगा। अगर आप समय को पहचान पाएँ, अपने...
- उद्देश्य क्या है?...? एक दिन हमने आपको गायत्री मंत्र के बारे में, ज्ञान की देवी के बारे में बताया था। गायत्री मंत्र की वह ...
- उद्देश्य क्या है?...? एक दिन हमने आपको गायत्री मंत्र के बारे में, ज्ञान की देवी के बारे में बताया था। गायत्री मंत्र की वह ...
- उद्धत् आचरण वाला व्यक्ति कीचड़-से-कीचड़ धोने के प्रयत्न में क्या कुछ सफलता प्राप्त कर सकेगा?...? शालीनता और परमार्थपरायणता मिलकर ही तपश्चर्या बनती हैं और उन्हीं के आधार पर प्रतिभा की ऊर्जा अपनी प्र...
- उद्धार कैसे हो सकता है?...? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए?? उनका समाधानभी उसी श्लोक में हुआ जिसका कि मैंने आ...
- उद्धार कैसे हो सकता है?...? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए। उनका समाधान भी उसी श्लोक में हुआ जिसका कि मैंने आ...
- उन चीजों को माँगने से क्या लाभ?...? उन चीजों को तो हम पुरुषार्थ से कमा सकते हैं।
पैसे को हम पुरुषार्थ से कमा सकते हैं; लेकिन श्रद्धा ...
- उन चौबीस लाख आदमियों में से एक- एक का एक- एक दिन, एक- एक व्यक्ति का जन्म- दिन मना लिया जाए तो चौबीस लाख यज्ञ हो सकते हैं और चौबीस आदमी पीछे एक यज्ञ कर लें तो?...? तो एक लाख यज्ञ हो जाते हैं। यज्ञों से हमारा मतलब यह नहीं है कि बड़ा भारी धूम- धड़ाका होगा और बड़ा भारी ...
- उन छह में से तीसरी बात क्या है?...? तीसरी बात यह है कि यज्ञाग्नि का—आग का सिर हमेशा ऊँचा रहता है। इसका क्या मतलब है? इसका मतलब यह है कि ...
- उन छह में से तीसरी बात क्या है?...? तीसरी बात यह है कि यज्ञाग्नि का, आग का सिर हमेशा ऊँचा रहता है। इसका क्या मतलब है? इसका मतलब यह है कि...
- उन तक प्रकाश कैसे पहुँचे?...? उनमें उत्कृष्टता का आलोक कौन जगाये? बिना उत्थान प्रयासों के कुसंस्कारी निकृष्टता कैसे घटे? उत्थान का...
- उन तरीकों को अख्तियार कर लीजिए, मालदार भी खूब बहकते हैं, कम बहकते हैं क्या?...? गरीबों की जेब कटती है, तो उनकी भी जेब कटती है और गरीबों को उल्लू बनाया जाता है, तो मालदार और भी ज्या...
- उन तरीकों को आप अख्तयार कर लीजिए, मालदारों को खूब बहकते हैं, मालदार कोई कम बहकते हैं क्या?...? गरीबों की जेब कटती है, वो इनकी जेब कटती है और मालदारों को उल्लू बनाया जाता है, मालदार और भी ज्यादा उ...
- उन तीनों चीजों को लेकर के, वे असली थीं कि नकली?...? वहम तो नहीं था? शायद वहम था कहीं। दो कौड़ी का शक्की स्टूडेण्ट, जो एल.डी.सी. की नौकरी तलाशने आया था उस...
- उन दिनों बाजे वालों, हलवाइयों, सवारियों की कितनी परेशानी होती है?...? जिन दिनों नहीं होते, उन दिनों वे सभी खाली बैठे रहते हैं, जबकि होना यह चाहिए कि सुविधा का अवसर देखक...
- उन दुकानदारों को जो ऐसा साहित्य बेचते हैं और उन समाज सेवियों को भी जो बुराइयाँ अधिक करने पर आदर्श कुछ नहीं रखते?...? उस दिन से वह सज्जन सभाओं में भाषण करने की अपेक्षा झोला पुस्तकालय चलाने लगे।...
- उन परिवारों को जब उतना मुहैया नहीं है, तो अकेले खा करके हमारा क्या बनेगा?...? हमने 200 रुपये महीने में खरच चलाया। बाकी जो बचा, वह सब समाज के लिए गया। चाहे उसका नाम रिश्तेदार हो, ...
- उन पाप कर्मों से निवृत्ति कैसे मिले?...? जिससे चित्त हलका हो और उन अन्तर्व्यथाओं से पीछा छूटे जो यमदूतों की तरह व्यक्ति को दुःखी और असफल बनान...
- उन रुपयों से क्या-क्या करूँगा?...? अमुक काम करूँगा, अमुक बच्चे को, अमुक को दूँगा आदि बेसिर-पैर की सारी की सारी बातें सारे के सारे ताने-...
- उन रुपयों से क्या-क्या करूँगा?...? अमुक काम करूँगा, अमुक बच्चे को, अमुक को दूँगा। आदि बेसिर-पैर की सारी को सारी बातें सारे के सारे ताने...
- उन लोगों का क्या हुआ?...? देख लीजिए हजार वर्ष भी नहीं होने पाये कि किस तरह से उनकी मिट्टी पलीद हो गयी। जटायु ने खोली अपनी दृ...
- उन सत्संगों से कुछ बात बनी है क्या?...? नहीं, हमारे भी सत्संग सुने होंगे, औरों के भी सुने होंगे लेकिन उससे कोई लाभ नहीं बना है और न लाभ होने...
- उन सबका लालच आप पूरा करते हैं क्या?...? कुटुम्बियों का लालच आप मत पूरा कीजिए। कुटुम्बियों की अनावश्यक आवश्यकताओं को और अनावश्यक माँगों को ...
- उन सबकी गाली आपको नहीं पड़नी चाहिए क्या?...? गाली आपको पड़नी चाहिए; क्योंकि लोगों ने इस तरीके से हमारे धर्म को, अध्यात्म को और भगवान को, ईश्वर...
- उन समझदार आदमियों में से एक ने उनसे यह सवाल किया—‘‘क्या आपने हिन्दुस्तान में यह ब्रह्मविद्या सिखा ली?...? हिन्दुस्तान में ज्ञान और धर्म का प्रचार हो गया? जो इतना लंबा सफर करके आप हम लोगों को ज्ञान देने ...
- उनका उद्धार हुआ होगा?...? हाँ बेटे! मेरा विश्वास है कि जरूर हुआ होगा। गंगाजी के स्नान का जो फल मिलना चाहिए, वह जरूर मिला होगा।...
- उनका उद्धार हुआ होगा?...? हाँ बेटे! मेरा विश्वास है कि जरूर हुआ होगा। गंगा जी के स्नान का जो फल मिलना चाहिए वह जरूर मिला होगा।...
- उनका एकाउण्ट है कि नहीं?...? बेटे, बहीखाता तो है नहीं, जो मैं बता दूँ कि कितना पैसा था। एलोरा की गुफाओं में, नालन्दा के विश्वविद्...
- उनका कहना है कि हम मजदूर हैं तो क्या?...? हमें अपने देश को आगे बढ़ाना है। हम सप्ताह में 5 दिन परिश्रम करेंगे तथा देशहित में उत्पादन बढ़ायेंगे। द...
- उनका कार्य अपने आप पूरा कराएँगे, हो रहा है, होता कैसा है?...? शानदार जो भी आन्दोलन पूरे होते रहे हैं उसमें भगवान की शक्ति होती है उनके साथ। गायत्री माता, उनका गुर...
- उनका कार्य बढ़ता ही गया, क्योंकि उन्होंने गुरुजी को पार्टनर जो बना दिया था, वे दुकान में मंदी कैसे होने देते?...? यह तो ब्याज भी नहीं है
जयपुर के श्री वीरेन्द्र अग्रवाल जी मिशन के कार्यों के लिये खूब अनुदान देते र...
- उनका कितना खर्च होगा?...? भाई साहब! आप खर्च की बात ही मत पूछिये। आमदनी की बात भी मत पूछिये। खर्च मैं आपको बता दूँगा। नहीं साहब...
- उनका कुधान्य खाकर हम कितने दिन जिएँगे?...? इसलिए देवताओं ने मना कर दिया था और रीछ-बन्दरों के घरों में पैदा हुए थे।आज की आवश्यकताएँ सूक्ष्म हैं।...
- उनका क्या होगा?...? बच्चों के लिए मकान कहाँ से आयेगा? बच्चों के लिए दूध कहाँ से आएगा? तब ऐसा हुआ करता था कि साल भर में ए...
- उनका गुरु कौन था?...? गाँधी जी का गुरु बेटा हरिश्चन्द्र था, जिसने दीक्षा दी थी जब वे ड्रामा देख रहे थे। हरिश्चन्द्र तो मर ...
- उनका जन्म दिवस मनाने का अर्थ है उनके ज्ञान, गुण, शक्ति और ईश्वरीय प्रकाश को हम भी अपने अन्दर धारण करें?...? पुत्र ने पिता की बातें अच्छी तरह समझ लीं और अपने जीवन में उन गुणों को धारण करने वाला यही बालक गीता क...
- उनका जब भोजन करने का नंबर आया तो सोचा अब क्या करना चाहिए?...? एक ने दूसरे के मुँह में दिया, दूसरे ने तीसरे के मुँह में दिया, इसी प्रकार तीसरे ने चौथे, चौथे ने पाँ...
- उनका जब भोजन करने का नम्बर आया, तो सोचा अब क्या करना चाहिए?...? एक ने दूसरे के मुँह में दिया, दूसरे ने तीसरे के मुँह में दिया, इसी प्रकार तीसरे ने चौथे, चौथे ने पाँ...
- उनका जीवन एकांगी है?...? किनका? राम का। ठीक है कि प्रजा के हित का ध्यान रखना चाहिए प्रजा का कहना मानना चाहिए लेकिन सीताजी क...
- उनका जीवन एकांगी है?...? किनका? राम का। ठीक है कि प्रजा के हित का ध्यान रखना चाहिए, प्रजा का कहना मानना चाहिए, लेकिन सीताजी क...
- उनका जीवन परिचय दीजिए, वे किस तरह युग निर्माण करना चाहते हैं?...? ’’ मैंने सभी प्रश्नों का उत्तर बड़ी कुशलता से दिया। वे हँसते हुए बोले, ‘‘आपकी परीक्षा समाप्त हुई।’’ फ...
- उनका तो कहना ही क्या है?...? भक्ति अगर एकांगी रह गई, तो एकांगी ही रहेगी। वह तो समाज के और मानव के चरणों पर समर्पित होने ही वाली ह...
- उनका पालन आप क्यों नहीं करते हैं?...? आपका वंश डूबता है, तो डूब जाए, ऐसे वंश से क्या फायदा? ऐसा स्वार्थी आदमी जो अपनी बीबी के पेट से निकले...
- उनका प्रयोग पीड़ा पहुँचाने के लिए हुआ या प्राण रक्षा के लिए?...? इसी आधार पर उनकी भर्त्सना या प्रशंसा की जा सकती है। मनुष्य की विभूतियाँ एवं योग्यताएँ भी ऐसे ही साधन...
- उनका बोलना, बातचीत करना, व्यवहार क्या शानदार था कि उसके क्या कहने?...? उसने इस तरह देखा। उसने उसकी प्रशंसा की और उसने उसकी। इस तरह उनकी खुशबू फैलती गई। इसे कहते हैं व्यक्त...
- उनका ब्याह कब हुआ था?...? वे कब बुड्ढे हुए थे? उनकी लड़ाई कब हुई थी? यह कहानी आप सुन लीजिए, कोई भी सुना सकता है, पर भागवत नहीं...
- उनका ब्याह कब हुआ था?...? वे कब बुड्ढे हुए थे? उनकी लड़ाई कब हुई थी? यह कहानी आप सुन लीजिए कोई भी सुना सकता है, पर भागवत् नहीं ...
- उनका भांजा अभिमन्यु मारा गया और क्या-क्या नहीं हुआ?...? मथुरा छोड़कर भाग खड़े हुए और वे द्वारिका चले गए। द्वारिका में भी गृह-कलह और सारे परिवार के लोग मारे गए...
- उनका मनोविनोद करने के लिए खेल-खिलौने, उनका मन रखने के लिए, तबियत बहलाने के लिए उनको जो कुछ चीजें दी जा सकती हैं, वे टिकाऊ नहीं होतीं तो क्या बड़ों को भी मिलती हैं?...? हाँ बड़ों को भी मिलती हैं। बड़ों को कब मिलती हैं? बड़ों को तब मिलती हैं, जब वे मुसीबत में फँसे हुए ह...
- उनका लाभ नागरिकों को मिलता है या नहीं?...?
वे एक गाँव से गुजर रहे थे। छद्म वेश में थे, इसलिए कोई पहचान नहीं सका। एक जगह, लड़के खेल, खेल रहे थे।...
- उनका समाधान क्या हो सकता है कौन जाने?...? पर अपने इस आन्तरिक उद्वेग की घड़ियों में यह भी अच्छा ही है कि हम जी खोलकर अपनी बात कह लें और परिजनों...
- उनका सृजन यह ध्यान में रखते हुए किया गया हैं कि उनका उच्चारण किस स्तर का शक्ति कम्पन उत्पन्न करता है और उनका जपकर्ता, बाह्य वातावरण तथा अभीष्ट प्रयोजन पर क्या प्रभाव पड़ता है?...? मानसिक, वाचिक एवं उपांशु जप में ध्वनियों के हलके भारी किये जाने की प्रक्रिया काम में लाई जाती है। वे...
- उनका स्थान कहाँ था?...? विष्णु प्रयाग में उन्होंने तप किया था। वहाँ तो हम आपको नहीं ले जा सकते, लेकिन यहाँ पर नारद जी का जो ...
- उनका स्थान कहाँ था?...? विष्णु प्रयाग में उन्होंने तप किया था। वहाँ तो हम आपको नहीं ले जा सकते, लेकिन यहाँ पर नारद जी का जो ...
- उनका स्वागत, उनकी व्यवस्था न की जाये, यह भला कैसे हो सकता है?...? हमारी बात बिगड़ जायेगी। ग्वालियर के नागरिक हम भी हैं और नागरिक होने के नाते हमको भी हक है कि हम आचार...
- उनका हुकुम किस पर चलता?...? पर उस महिला की लिखी उस किताब ने हर नागरिक के दिल में ऐसी आग पैदा कर दी, ऐसी टीस पैदा कर दी कि आदमी क...
- उनकी 80 साल की जिन्दगी ऐसी खुशनुमा हुई कि शायद ही कोई ऐसा जीवन जी सकता होगा, जैसा उन्होंने जीवन जिया, तो फिर उनके बच्चे ऐसा जीवन क्यों नहीं जिएँगे?...? शेर का बच्चा शेर होता है, सन्त का बच्चा सन्त होता है, ऋषि का बच्चा ऋषि होता है, तो फिर आप बकरी के बच...
- उनकी अमीरी को मैं क्या कह सकता हूँ?...? उनके मरने के बाद में राजघाट की समाधि—यदि आपने देखी हो तो जरा पता लगाना कितनी कीमत की हो सकती है।गाँध...
- उनकी अलंकारिक कल्पना क्यों की गई?...? २. ‘एक सद् विप्रः बहुधा वदन्ति’ से क्या समझते हो। ४. शंकर जी की गंगा, चन्द्रमा, विष, सर्प, मुण्डमाला...
- उनकी आँखों में जादू कहाँ से आ गया?...? यह उनके संयम की वृत्तियाँ थीं। असंयम बरतने पर ये, इस कदर बिखरती हैं कि आप समझ ही नहीं पाते। आदमी का ...
- उनकी इतनी बड़ी लम्बी कहानी है कि अब मैं आपसे क्या कहूँ?...? कहाँ तक कह सकता हूँ? बस अन्त में यह हुआ कि जापान के गाँधी कागावा को हर आदमी ने यह कहा कि यह जिन्दा भगव...
- उनकी औलाद तो हमीं लोग हैं ना?...? उनकी जिम्मेदारी हमीं लोग तो उठाने वाले हैं। ऋषियों के गौरव, ऋषियों के यश का लाभ हमीं लोग तो उठा सक...
- उनकी कापियाँ देखा करें और पता लगाया करें कि वे अपना काम ठीक से कर रहे हैं या नहीं?...? जो गलतियाँ ठीक की जाती हैं, उन्हें बार-बार लिखकर अभ्यास कर लेते हैं या यों ही छोड़ देते हैं।
इस दे...
- उनकी कितनी उम्र है?...? आपके मन्दिर में जो गायत्री माता है, वह १८-१९ साल की है। हमारे मन्दिर में भी १८-१९ साल की है। गायत्री त...
- उनकी कुण्डलिनी भी जगी होगी?...? जगी होगी, यह भी वायदा नहीं करता कि जगी होगी या नहीं जगी। लेकिन सबसे बड़ी बात, सबसे बड़ी उपासना-साधना...
- उनकी कुण्डलिनी भी जगी होगी?...? जगी होगी, यह भी वायदा नहीं करता कि जगी होगी या नहीं जगी। लेकिन सबसे बड़ी बात, सबसे बड़ी उपासना साधना...
- उनकी कुटिया कहाँ थी?...? यहीं थी, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज है। यह विश्वामित्र का स्थान है।
वातावरण का कितना असर पड़ता है, देखा ...
- उनकी कुटिया कहाँ थी?...? यहीं थी, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज है। यह विश्वामित्र का स्थान है।वातावरण का कितना असर पड़ता है, देखा है न ...
- उनकी कुटिया कहाँ थी?...? यहीं थी, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज है। यह विश्वामित्र का स्थान है।वातावरण का कितना असर पड़ता है, देखा है न ...
- उनकी कोई कीमत है?...? आपने अखण्ड ज्योति पढ़ी है और हमेशा मेरे प्रवचन सुने हैं। हमारे व्याख्यान आपने दूसरी जगह भी सुने हों...
- उनकी क्या विशेषता थी?...? एक तो यह कि उन्होंने समय को पहचान लिया कि यह सही समय है। सीताजी वापस आ जाती तब कोई हनुमान कहता कि हम...
- उनकी क्या विशेषता होगी?...? पहली विशेषता होगी उनका तपस्वी जीवन, जिसकी झाँकी हम कल करा चुके हैं। जिसके बारे में हमने कल केवल लोका...
- उनकी खामियाँ दूर नहीं की गयी अन्यथा अम्बर चरखा जैसे उपकरण फेल क्यों होते?...? इस दिशा में अब नये सिरे से सोचा और सहकारिता के आधार पर कारगर कदम उठाया जाना चाहिए।
बड़े लोग इस ...
- उनकी गन्ध को सूँघकर के दुर्गन्ध को सूँघकर दूर भाग गये होंगे लेकिन जब उन्होंने अपना रवैया बदल दिया तब?...? तब फिर भगवान् ने भी अपना रवैया बदल दिया।सूरदास का आपने नाम सुना। तुलसीदास का नाम सुना? जब थे कामुक...
- उनकी गन्ध को सूँघ करके, दुर्गन्ध को सूँघ करके दूर भाग गये; लेकिन जब-जब उन्होंने अपना रवैया बदल दिया तब?...? तब भगवान ने भी अपना रवैया बदल दिया।तुलसीदास का नाम सुना है? जब कामुक थे, कैसे थे? स्त्री जब वहाँ चली...
- उनकी जान बचने वाली कहाँ थी?...? हनुमान को जान बचाने का एक ही तरीका था—छोटा बनना। अन्त में उनको समझ आई। अन्त में अकल आई और सुरसा के मु...
- उनकी जिन्दगी कैसी शानदार हो गई?...? अगर उन्होंने भीतर वाले हिस्से को, अर्थात दृष्टिकोण को बदला न होता, तो बाहर वाली परिस्थितियाँ बिल्कुल...
- उनकी जिन्दगी में ही ढाई लाख मनुष्य इस तरीके से तैयार हो गये थे कि भिक्षु और भिक्षुणियों के रूप में नौजवान-भरी जवानी वाले उनके कहने की वजह से क्यों तैयार नहीं होता?...? इसलिए नहीं होता कि बुद्ध के तरीके से त्याग का माद्दा और कशिश उनके भीतर हमारी वाणी से पैदा नहीं होत...
- उनकी दृष्टि में भक्ति कैसी होती है?...? भक्ति ऐसी होती है, जैसे आदमी नाचते हैं, कूदते हैं, उछलते हैं, आँखों में से आँसू बहाते हैं। ऐसी भक्ति...
- उनकी दृष्टि में भक्ति कैसी होती है?...? भक्ति ऐसी होती है, जैसे आदमी नाचते हैं, कूदते हैं, उछलते हैं, आँखों में से आँसू बहाते हैं। ऐसी भक्ति...
- उनकी धर्मभीरुता को किस तरीके से धिक्कारा जाए?...? इतना समर्थ धर्मतंत्र जिसके पीछे छप्पन लाख व्यक्ति काम करते हैं। इतने मन्दिरों, मठों, तीर्थों और कर्...
- उनकी धर्मभीरुता को किस तरीके से धिक्कारा जाए?...? इतना समर्थ धर्मतंत्र जिसके पीछे छप्पन लाख व्यक्ति काम करते हैं। इतने मन्दिरों, मठों, तीर्थों और कर्मक...
- उनकी नकल क्यों करना चाहते हैं?...? उनके साथ में अपनी समृद्धि क्यों मिलाना चाहते हैं? आप उनके साथ में समृद्धि मिलाइये न, जो आपसे कहीं ...
- उनकी नकल क्यों करना चाहते हैं?...? उनके साथ में अपनी समृद्धि क्यों मिलाना चाहते हैं? आप उनके साथ में समृद्धि मिलाइये न, जो आपसे कही गये...
- उनकी परम्परा के अनुयायी हमीं लोग तो हैं ना?...? उनकी औलाद तो हमीं लोग हैं ना? उनकी जिम्मेदारी हमीं लोग तो उठाने वाले हैं। ऋषियों के गौरव, ऋषियों क...
- उनकी प्रसन्नता न जाने किन चीजों पर टिकी हुई है?...? ये न जाने क्या माँग बैठेंगे? न जाने क्या-क्या फरमाइशें उनकी चालू हो जाएँगी? आप उनकी फरमाइशों को पूरा...
- उनकी फोटोग्राफ या तस्वीर अगर हम ले आएँ और उनका अपमान करने लगें तो क्या कोई आर्य समाजी बर्दाश्त करेगा?...? नहीं करेगा, उसको बहुत बुरा लगेगा। उसके चेहरे से आप देख सकते हैं।यह क्या हो गया? यह प्रतीक-पूजा हो गय...
- उनकी बात माना जाए क्या?...? सफेद बाल वाला कोई समझदार होता है क्या? भेड़ के बाल सफेद होते हैं तो कोई भेड़ बूढ़ी होती है क्या, बुजुर्...
- उनकी बात सुनकर गायत्री परिवार के परिजनों ने कहा, ‘‘यह कैसे हो सकता है?...? वह कोई और होंगे, आपको भ्रम हुआ होगा।’’ तब वे लोग एक-दूसरे की ओर इशारा करते हुए कहने लगे, ‘‘साहब, हमस...
- उनकी बात सुनकर पड़ोसी ने कहा कि यह कैसे हो सकता है?...? परमार जी तो 10-12 दिन के लिये हरिद्वार गए हुए थे। इस बीच उनके घर पर भी कोई नहीं था।
पुलिस चोरों को...
- उनकी बेटी के मन में आया कि क्या अब गुरुजी यहाँ नहीं हैं?...? अब हम उन्हें कैसे मिल सकेंगे? और इस भाव को लेकर वह बहुत अधिक व्याकुल हो रही थी। उसे गुरुदेव के दर्शन...
- उनकी योग्यता का क्या कहना?...? समय तो सबके पास समान ही है।
एक व्यक्ति ने 80 भाषाएँ अपने समय में से ही पढ़ी थीं। जो भी व्यक्ति आगे...
- उनकी रखवाली की जरूरत नहीं है?...? उनकी रखवाली न करेंगे, खाद-पानी नहीं देंगे, तो पेड़ों से और पौधों से क्या आशा करेंगे? इसी तरीके से जीव...
- उनकी रखवाली न करेंगे, खाद-पानी नहीं देंगे, तो पेड़ों से और पौधों से क्या आशा करेंगे?...? इसी तरीके से जीवात्मा का पेड़ और वृक्ष भी अपनी खुराक माँगता है। खुराक क्यों माँगता है? मैंने निवेदन क...
- उनकी लड़ाई कब हुई थी?...? यह कहानी आप सुन लीजिए, कोई भी सुना सकता है, पर भागवत नहीं सुनी जा सकती। भागवत किससे सुनी जा सकती है?...
- उनकी लागत क्या है?...? मैं सोचता हूँ कुल मिलाकर पाँच हजार के लगभग। उसकी वीडियो कर रहे हैं उसका एक कैसेट भी आ जाता है दो सौ ...
- उनकी लड़ाई कब हुई थी?...? यह कहानी आप सुन लीजिए कोई भी सुना सकता है, पर भागवत् नहीं सुनी जा सकती। भागवत् किससे सुनी जा सकती है...
- उनकी विद्वत्ता का क्या ठिकाना?...? बोलने में बड़े भारी धुरन्धर विद्वान थे। राष्ट्रपति ने कहा—"यह दूसरा ईसामसीह है। देखिए उन्होंने बहुत ...
- उनकी शक्ति के बिना इतना बड़ा रामचरितमानस जिस पर बिठा करके अनेक मनुष्यों को भवसागर से पार किया जा सकता है, कैसे सम्भव होगा?...? उन्होंने भवानी और शंकर की वंदना की।...
- उनकी शक्ति के बिना इतना बड़ा रामचरितमानस, जिस पर बिठा करके अनेक मनुष्यों को भवसागर से पार किया जा सकता है, कैसे सम्भव होगा?...? उन्होंने भवानी और शंकर की वंदना की। जैसे कि सायंकाल आरती के समय हमने और आप लोगों ने भगवान शंकर और पा...
- उनकी सही जनसंख्या क्या है?...? इसका भी प्रामाणिक विवरण प्राप्त नहीं है। यहाँ बैठे हुए उपलब्ध जानकारियों के आधार पर जो पता चलता है, ...
- उनकी साड़ी कैसी थी?...? बॉर्डर कैसा था? बताना तो सही।
मन जंगली हाथी है, उसे बाँधिए
आप मान लीजिए, अगर यही...
- उनकी सेवा और सहायता का ब्यौरा इतना बड़ा है कि आपको यह मालूम पड़ेगा कि जो एक आदमी अपनी समस्याओं को पूरा नहीं कर सकता?...? एक आदमी अपनी ख्वाहिशों को पूरा नहीं कर सकता? लेकिन एक आदमी इतने ज्यादा मनुष्यों के, इतने ज्यादा किस्...
- उनके अन्दर क्या विशेषता है?...? उनकी दृष्टि, उनका चिन्तन, उनकी मान्यताएँ, उनकी निष्ठाएँ, उनकी आस्थाएँ—बस। असल में आदमी की शक्ति इसी म...
- उनके अन्दर क्या विशेषता है?...? उनकी दृष्टि, उनका चिन्तन, उनकी मान्यताएँ, उनकी निष्ठाएँ, उनकी आस्थाएँ, बस। असल में आदमी की शक्ति इसी ...
- उनके अन्दर ये गुणों की विशेषता नहीं है क्या?...? हम अपने देश की हिफाजत नहीं कर सके, अपनी आजादी की रक्षा नहीं कर सके। वो सात समुद्र पार करके आये।...
- उनके अब तक के योगदान को, परमार्थ पुरुषार्थ को, मुक्त कण्ठ से सराहा जा सकता है, पर बड़े प्रयोजनों के लिए इतना ही तो पर्याप्त नहीं?...? समय की बढ़ती माँग को देखते हुए, बड़े कदम भी तो उठाने पड़ेंगे।...
- उनके उन्मूलन हेतु सुझाव देवें (५) इस युग में बहादुर किस माना जायेगा (६) हमारे समाज के प्रमुख कलंक कौन से हैं?...? उनसे बचने के उपाय बताओ? (७) आगामी युग में कैसे परिवारों की स्थापना करनी होगी। (८) अवांछनीय तत्त्वों ...
- उनके कर्म कैसे हैं?...? उनके गुण कैसे हैं? उनके विचार कैसे हैं? उनके भाव कैसे हैं? इन सब बातों की तैयारी बच्चे का निर्माण कर...
- उनके कष्ट क्या होते हैं?...? यह सब मैं समझ सकूँ, ताकि उनकी सहायता कर सकूँ।मित्रो! स्वर्ग, मनुष्य के देखने और सोचने का ढंग में-तरी...
- उनके कितने बाल-बच्चे थे?...? एक-एक औरत के अगर आठ-आठ बच्चे मान लिए जाएँ तो कितने हो गए-१६, १०८ * ८ = १, २८, ८६४ अर्थात एक लाख से भ...
- उनके कुचक्र में फँसने और बँधे रहने के लिए तो हीन स्तर के प्राणी भी स्वतंत्र हैं, पर मनुष्य अपनी गरिमा भरे भविष्य को यदि उसी तुच्छता पर आधारित करने का हठ करे, तो उसे किस प्रकार समझदारों की पंक्ति में बिठाया जा सकेगा?...? सरकार मोर्चे पर सैनिकों को लड़ने भेजती है, तो उनके लिए आवश्यक अस्त्रों-उपकरणों की, भोजन-आच्छादन की...
- उनके कुचक्र में फँसने और बँधे रहने के लिए हीन स्तर के प्राणी भी स्वतंत्र हैं, पर मनुष्य अपनी गरिमा भरे भविष्य को यदि उसी तुच्छता पर आधारित करने का हठ करे, तो उसे किस प्रकार समझदारों की पंक्ति में बिठाया जा सकेगा?...? सरकार मोरचे पर सैनिकों को लड़ने भेजती है, तो उनके लिए आवश्यक अस्त्रों, उपकरणों, वाहनों की, भोजन-आच्छ...
- उनके खाने-पीने का, किराये-भाड़े का जो खरचा पड़ेगा, सो आप देंगे?...? हाँ, जिस लायक हमारी हैसियत है, दे देंगे। हर एक से उन्होंने वायदे करा लिए और सौ कुण्डीय यज्ञ रखा। मैं ...
- उनके खाने-पीने का, किराये-भाड़े का जो खरचा पड़ेगा, सो आप देंगे?...? हाँ जिस लायक हमारी हैसियत है, दे देंगे। हर एक से उन्होंने वायदे करा लिए और सौ कुण्डीय यज्ञ रखा। मैं ग...
- उनके गले में माला पहनानी पड़ती है और क्या करना पड़ता है?...? पैर छूने पड़ते हैं। पैर छूने के बाद में और माला पहनाने के बाद में और क्या करना पड़ता है? उनके पेट मे...
- उनके गुण कैसे हैं?...? उनके विचार कैसे हैं? उनके भाव कैसे हैं? इन सब बातों की तैयारी बच्चे का निर्माण करने से पहले ही करनी ...
- उनके दिव्य चक्षु की शक्ति?...? नहीं, मित्रो! यह था उनका अनुदान, जो शिष्य को गुरु से मिला था। कभी आपने टाटा नगर देखा है? आप जाकर देख...
- उनके न मिलने पर एकाकीपन का डर क्यों लगे?...? जंगली पशु-पक्षी अकेले रहते हैं। उनके लिए तो हिंस्र पशु-पक्षी भी आक्रमण करने को बैठे रहते हैं। फिर मन...
- उनके नन्हे नाती ने प्रश्न किया, 'बाबा आज दादी-मम्मी ने भोजन क्यों नहीं किया?...? ' लालाजी ने बताया कि वे व्रत कर रही हैं। बच्चे के मुँह से फिर प्रश्न उभरा, 'फिर आपने और पापा जी ने ऐ...
- उनके नन्हें नाती ने प्रश्न किया—"बाबा आज दादी, मम्मी ने भोजन क्यों नहीं किया?...? " लाला जी ने बताया—"वे व्रत कर रही हैं।" बच्चे के मुँह से फिर प्रश्न उभरा—"फिर आपने और पापा जी ने व्...
- उनके पालन-पोषण का इंतजाम कैसे होगा?...? गुजारे का इंतजाम कैसे होगा? उन्होंने कहा कि अब तो मैंने अपनी नाव को भँवर में छोड़ दिया है। जो कुछ ह...
- उनके पास जाने के बाद में मनुष्य जाने क्या-से हो जाता है?...? चाणक्य के पास जाने के बाद चंद्रगुप्त क्या-से हो गया? समर्थ गुरु रामदास के पास जा करके शिवाजी जाने ...
- उनके पास रुपयों का ठिकाना न रहता, फिर वे क्यों भीख माँगते?...? मित्रो! जादू सही है या गलत? जादू गलत है। फिर सही क्या है? बेटे, सही है इसकी साइंस। मिट्टी से रुपया ब...
- उनके पास सम्पत्ति है, तो उस सम्पत्ति से हमें क्या करना?...? हमें तो जो भगवान ने दिया है, उसमें ही सन्तोष करना चाहिए और इसमें से भी जरूरतमन्द को खिलाना चाहिए।
छ...
- उनके पुस्तकालय और विद्यालय अनेकों प्रतिभाशाली विद्वान उत्पन्न करते चले जाते थे और इन संस्थाओं द्वारा उत्पादित ज्ञान संपदा से समस्त मानव जाति लाभान्वित हो रही थी?...? इन शिक्षण संस्थाओं में समस्त हिन्दू दर्शन पढ़ाया जाता था। बौद्ध और हिन्दू धर्म की समन्वित शिक्षा पद्धत...
- उनके बच्चों का क्या करना चाहिए?...? उन्होंने कहा कि सच्चाई की इज्जत होनी चाहिए, सच्चाई की कदर होनी चाहिए, वकत होनी चाहिए। सच्चाई की वक...
- उनके बाल कैसे हैं?...? हर आदमी की आँख हमारे ऊपर लगी हुई है। तो बेटे, आप जनता के सामने इंटरव्यू देने जा रहे हैं जैसे कि कम...
- उनके बिछुए जमीन पर पड़े मिले, रामचन्द्रजी ने पूछा — इन जेवरों में से सीताजी का कौन है?...? उन्होंने बिछुओं को तो पहचान लिया कि ये सीताजी का बिछुआ है, लेकिन गले के हार को नहीं पहचान सके, कानों...
- उनके बीच में मोहब्बत और प्रेम, निष्ठा और सदाचार हमने पैदा कर दी तब?...? तब हमारे घर स्वर्ग बन जाएँगे।अगर ये सिद्धान्त हम पैदा करने में समर्थ न हो सके, तब फिर चाहे हम सबके घ...
- उनके बीच में मोहब्बत और प्रेम, निष्ठा और सदाचार हमने पैदा कर दी तब?...? तब हमारे घर स्वर्ग बन जाएँगे।अगर ये सिद्धान्त हम पैदा करने में समर्थ न हो सके तब फिर चाहे हम सबके घर ...
- उनके बुढ़ापे का कोई तो फोटो होगा?...? नहीं महाराज जी! कोई फोटो नहीं है। बेटे, देवता कभी बूढ़े नहीं होते। मित्रो! देवता सदा दूसरों की सेवा-स...
- उनके भंडार कभी खाली हो सकते हैं?...? कभी नहीं हो सकते। इस धरती पर एक से एक बढ़िया और एक से एक बेहतरीन आदमी आये हैं और जरूर आयेंगे। स्वाम...
- उनके भाव कैसे हैं?...? इन सब बातों की तैयारी बच्चे का निर्माण करने से पहले ही करनी चाहिए।
भगवान श्रीकृष्ण को एक अच्छ...
- उनके मन में तीन प्रश्न उठे- (१) सबसे महत्त्वपूर्ण कार्य क्या है?...? (२) परामर्श के लिए सबसे अधिक महत्त्व का व्यक्ति कौन है? (३) निश्चित कार्य को आरम्भ करने का सबसे महत्...
- उनके मुँह में ग्रास कैसे चला जाता है कि माँ तो रो रही है और वे खा रहे हैं, वे मिष्टान्न खा रहे हैं, पूरी-पकौड़ी खा रहे हैं, ऐसी पूरी-पकौड़ी को धिक्कार है?...? यह मृत्युभोज समाप्त होना चाहिए और जहाँ कहीं भी हो, तो कन्याभोजन करा दिया जाए। उसकी आत्मशान्ति के लिए...
- उनके यहाँ वस्तुएँ क्या कम हैं?...? स्वर्गलोक में कौन-सी चीज की कमी है कि देवता जिस चीज को प्राप्त करना चाहें, तो क्यों नहीं प्राप्त क...
- उनके लिए अपने खाने-पीने से लेकर घूमने-फिरने तक पर क्यों बन्धन नियंत्रण लगाए?...? यदि बच्चों से खिलौने की तरह मन बहलाना अच्छा लगता है तो किराए के बच्चे प्राप्त करना कहीं अधिक सुगम रह...
- उनके लिए कौन सा डेरीफार्म खुला हुआ है?...? वे ऐसे ही कीड़े- मकोड़े खाते फिरते रहते हैं। मोती समुद्र में गहरे में होते हैं। मोती मानसरोवर में नह...
- उनके लिए क्या करना पड़ेगा?...? उनके लिए- ‘‘पृष्ठतः शसरो धनुः’’ पीठ पर धनुष लेकर चलना पड़ेगा। ‘‘इदम् ब्राह्मम्, इदम् क्षात्रम्’’ यह...
- उनके लिए क्या करें?...? इस जन्म में नहीं, तो अगले जन्म में भोगो इन्हें, दृढ़ता के साथ। कायर मत बनो, रोओ नहीं। रोने से बुजदिल...
- उनके लिए पाठ्य पुस्तकें कहाँ से मिलें?...? यह सच है कि ऐसे साहित्य का अब तक नितान्त अभाव रहा है। किन्तु अब महिला जागरण अभियान का केन्द्रीय संस्थ...
- उनके लिबास कहाँ से आए?...? पोशाक कहाँ से आये? शृंगार कहाँ से आये? उन्होंने सिन्दूर से उनको लपेट दिया और सिन्दूर से उन पत्थरों क...
- उनके विचार कैसे हैं?...? उनके भाव कैसे हैं? इन सब बातों की तैयारी बच्चे का निर्माण करने से पहले ही करनी चाहिए।
भगवान श...
- उनके समान मूर्तिकार, चित्रकार, कलाकार कौन हो सकता है?...? उनसे अधिक आकर्षक, सुन्दर, कलात्मक, कोमल कला कृति इस संसार में दूसरी नहीं है। परमेश्वर ने अपना सारा द...
- उनके साथ में अपनी समृद्धि क्यों मिलाना चाहते हैं?...? आप उनके साथ में समृद्धि मिलाइये न, जो आपसे कहीं गये-बीते हैं, कितने किफायत से गुजारा करते हैं, कित...
- उनके साथ में अपनी समृद्धि क्यों मिलाना चाहते हैं?...? आप उनके साथ में समृद्धि मिलाइये न, जो आपसे कही गये-बीते हैं; कितने किफायत से गुजारा करते हैं, कितने ...
- उनके साथ वार्तालाप एवं आदान-प्रदान कैसे चलता रहा?...? असमंजस इस बात का है कि अपना मस्तिष्क जो यथार्थ और असंगत के बीच भेद-भाव करना भली प्रकार जानता है। दिन...
- उनके सामने बुरा व्यवहार करेंगे?...? नहीं करेंगे। हमारे व्यवहार में मिठास आ जायेगी। इस तरह जो भगवान का विश्वासी होगा, उसके जीवन में म...
- उनके सामने यह जो जरा-सा पानी हम गिरा रहे हैं, इससे उनको क्या फायदा होगा?...? इतना पानी वहाँ तक जाएगा तो उन तक पहुँचने में कितना समय लगेगा। अगर चंद्रमा की तरह रॉकेट से सूरज तक पा...
- उनके सिद्धान्त क्या हैं?...? आखिर हमको बनना क्या है, इष्ट इसी का नाम है। देवता के नाम पर हम एक अलंकारिक प्रतिमा बना करके रखते ह...
- उनके हाथ कील दिये जाते हैं और कहा जाता है कि यदि तुम्हारे हाथ बिल्कुल सीधे होते, कोहनी का मोड़ यदि प्रकृति निर्माण नहीं करती तो ये चुरमुरे आप कैसे खाते?...?
काफी प्रयास करने पर चुरमुरे पकड़ा हुआ हाथ अपने मुँह तक नहीं जाता है, यह देखकर बालक लज्जित हो जाते है...
- उनके हाथ पर आप कुछ रख नहीं सकते तो फिर आप क्या पाएँगे?...? चावलों से, धूपबत्ती से आप भगवान को खरीद नहीं सकेंगे। आप आरती करके पा नहीं सकेंगे। जीभ की नोक से स्तो...
- उनको बुलाएँ, तो आप अपना कुछ समय हर्ज करेंगे क्या?...? हाँ साहब! खरच करेंगे। मित्रो! उन्होंने तीन-चार दिन का कार्यक्रम रखा था। जब मैं वहाँ गया, तो मैंने ...
- उनको आप उखाड़िएगा क्या?...? भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण, जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विर...
- उनको आप उखाड़िएगा क्या?...? भगवान् राम और भगवान् श्रीकृष्ण, जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप...
- उनको आप उखाड़िएगा क्या?...? भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विरो...
- उनको आप उखाड़िएगा क्या?...? भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण, जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विर...
- उनको आप क्यों नहीं पहनाते?...? इसलिए नहीं पहनाते, क्योंकि वे हमारे नहीं हैं। अगर बच्चे हमारे हैं, तो हम उनकी बराबर देख−भाल करते हैं...
- उनको आप हारा हुआ मानेंगे या जीता हुआ मानेंगे?...? गणेश शंकर विद्यार्थी को कानपुर के दंगे में शहीद कर दिया गया।...
- उनको आबाद, इनको बरबाद?...? शिष्यों की शंका का समाधान उन्होंने किया और यह कहा—"देखो! जो गन्दगी है, वह ढककर रखी जाती है; ताकि सार...
- उनको आबाद, इनको बर्बाद?...? शिष्यों की शंका का समाधान उन्होंने किया और यह कहा कि देखो जो गन्दगी है वह ढँककर रखी जाती है ताकि सार...
- उनको इंजीनियरिंग आती थी?...? कहीं नहीं आती थी। नल-नील ने कहाँ से इंजीनियरिंग पढ़ी थी? कहीं से नहीं पढ़ी थी। तो वे कहाँ से इंजीनिय...
- उनको एक जगह बिठाया जाए, ये कैसे मुमकिन हो सकता है?...? भगवान् की वृत्तियों और प्रवृत्तियों को हम लोग भूल गए हैं। उनको स्मरण दिलाने के लिए ही मन्दिर, चेतना...
- उनको एक जगह बिठाया जाए, ये कैसे मुमकिन हो सकता है?...? भगवान की वृत्तियों और प्रवृत्तियों को हम लोग भूल गए हैं। उनको स्मरण दिलाने के लिए ही मन्दिर, चेतना के...
- उनको एक जगह बिठाया जाए, ये कैसे मुमकिन हो सकता है?...? भगवान की वृत्तियों और प्रवृत्तियों को हम लोग भूल गए हैं। उनको स्मरण दिलाने के लिए ही मन्दिर, चेतना के...
- उनको एक ही चीज देखने की फुरसत है कि आपके अन्दर पात्रता कितनी है?...? आपको कोई सुख मिला या और कोई दूसरी बात हुई, यह न किसी को सुनने की जरूरत है और न किसी के सुनने से फायद...
- उनको कपड़ा पहनाते है क्या?...? नहीं पहनाते। उनको आप क्यों नहीं पहनाते? इसलिए नहीं पहनाते, क्योंकि वे हमारे नहीं हैं। अगर बच्चे हमार...
- उनको कभी थकान आती है?...? कभी नहीं आती। काम करने से भी थकान नहीं आती। नहीं साहब! हमने आज बहुत काम किया और काम के दबाव से मरे...
- उनको कोई रोकने वाला है क्या?...? फिर भगवान को स्नान कराने की क्या जरूरत थी?
मित्रो, ! भगवान तो एक विचारणा है, भावना है, एक चेत...
- उनको कोई रोकने वाला है क्या?...? फिर भगवान् को स्नान कराने की क्या जरूरत थी?मित्रो,! भगवान् तो एक विचारणा है, भावना है, एक चेतना है...
- उनको कोई रोकने वाला है क्या?...? फिर भगवान को स्नान कराने की क्या जरूरत थी?मित्रो! भगवान तो एक विचारणा है, भावना है, एक चेतना है। उनक...
- उनको क्या आता है?...? उनको विधियाँ आती हैं, कर्मकाण्ड आते हैं।...
- उनको क्या करते हैं?...? दुनिया के सारे-के कम्युनिस्ट आते हैं, जो भी उनका तरीका है, पूजा का क्या तरीका होता है? अभिवादन भी हो...
- उनको क्या करना पड़ेगा?...? इतने दिनों तक आपने उपवास किया है कि नहीं किया है, ब्रह्मचर्य रखते हैं कि नहीं। बेटे! वे सामर्थ्य वाल...
- उनको क्या करना पड़ेगा?...? इतने दिनों तक आपने उपवास किया है कि नहीं किया है, ब्रह्मचर्य रखते हैं कि नहीं। बेटे! वे सामर्थ्य वाल...
- उनको क्या मिला था?...? एक ही चीज मिली थी, वह मिली थी—शक्ति, वह मिला था—साहस, वह मिला था—पुरुषार्थ।
क्या गुरुजी से माँगें
...
- उनको क्या विशेष संपदा मिली?...? आप उनके जीवन को पढ़िये। जिस बोधिवृक्ष पेड़ के नीचे उन्होंने तप किया था, वहाँ उनको एक खास चीज मिल गयी। ...
- उनको क्या विशेष सम्पदा मिली?...? आप उनके जीवन को पढ़िए। बोधिवृक्ष के नीचे, एक पेड़ के नीचे, जिसके नीचे उन्होंने तप किया था, उनको एक खा...
- उनको गालियाँ देंगे?...? उनके सामने बुरा व्यवहार करेंगे? नहीं करेंगे। हमारे व्यवहार में मिठास आ जायेगी। इस तरह जो भगवान का ...
- उनको चोर और उठाईगिरी हमने देखा है तो फिर आपको सत्यनारायण कथा सुनने से और रामायण की कथा सुनने से और भागवत की कथा सुनने से कैसे हो जाएगी?...? बेकार की बात मत करिए आप पागलों की तरीके से। ऐसे मत कीजिए! ऐसे मत कीजिए। यह अध्यात्म सुनने का नहीं है...
- उनको तो मंत्र की कोई जानकारी नहीं है?...? हाँ बेटे, कोई जानकारी नहीं है। फिर आपने क्यों कह दिया?
मित्रो! मैंने यह कहा है कि मंत्र का सामान...
- उनको त्याग का पाठ पढ़ाया है कि आप त्याग करिए, मानव मात्र की सेवा के लिए, उपासना के लिए समय निकालिए और साधना के लिए अपने व्यक्तित्व का परिष्कार कीजिए, जहाँ थे वहीं बने हुए हैं, आगे क्यों नहीं बढ़े?...? विद्या को आपने ऐसे कैसे समझ लिया? आपका मस्तिष्क आपके हृदय की ऊँचाई बढ़नी चाहिए और सेवा के लिए हमारे ...
- उनको दो, जो जरूरतमन्द हैं, हमको नहीं चाहिए, हमारे तो हाथ-पाँव मौजूद हैं, हम क्या करेंगे पेंशन लेकर के और सरकार का खाएँगे?...? अरे! हम काहे को सरकार का खाएँगे। सरकार का आज तक नहीं लिया है, अब सरकार की पेंशन लेंगे? हमारे हाथ-पाँ...
- उनको फूलों की जरूरत क्यों पड़ गई?...? भगवान को जरूरत नहीं पड़ गई। आपको स्मरण दिलाया गया है कि भगवान की आपकी पूजा तब सार्थक मानी जाएगी, जब ...
- उनको फूलों की जरूरत क्यों पड़ गई?...? भगवान् को जरूरत नहीं पड़ गई। आपको स्मरण दिलाया गया है कि भगवान् की आपकी पूजा तब सार्थक मानी जाएगी, जब...
- उनको बुलाएँ तो आप अपना कुछ समय हर्ज करेंगे क्या?...? हाँ साहब! खरच करेंगे। मित्रो! उन्होंने तीन-चार दिन का कार्यक्रम रखा था। जब मैं वहाँ गया, तो मैंने अच...
- उनको भी उपाय बता दिया और उनके भी बच्चे हो गए तो गुरु वशिष्ठ कितनी उम्र के थे?...? बेटे हम क्या बता सकते हैं, आप खुद अन्दाजा लगा लीजिए। दिलीप से ले करके और दशरथ तक के बीच में कितनी पीढ़...
- उनको मैं कैसे अध्यात्मवादी कहूँ?...? अध्यात्मवादी वो नहीं हो सकते, जो जरूरतमन्द हो। अध्यात्मवादी वो होते हैं, जिन्होंने अपनी जरूरत पूरी क...
- उनको यह मालूम पड़े कि संसार की बनावट क्या है, भूगोल क्या है, इतिहास क्या है, दुनियाँ में इनसानों के चाल-चलन क्या रहे हैं?...? दुनिया में किस तरीके से उतार-चढ़ाव आते रहे हैं? पेड़ कैसे पैदा होते हैं? यह सृष्टि क्या है? राजनीति क्...
- उनको यह मालूम पड़े कि संसार की बनावट क्या है?...? भूगोल क्या है? इतिहास क्या है? दुनिया में इनसानों के चाल-चलन क्या रहे हैं? दुनिया में किस तरीके से उ...
- उनको यह विश्वास नहीं होता कि पूजा-उपासना कोई फल दे सकती है क्या?...? अगर कोई उनको विश्वास दिला दे और उनको यह विश्वास हो जाय कि ईश्वर है, तो मैं समझता हूँ कि आपकी अपेक्...
- उनको वोट किन सिद्धान्तों के लिए देना चाहिए?...? जात-बिरादरी के नाम पर नहीं, मेल-मुलाकात के नाम पर नहीं, किसी के नाम पर भी नहीं, पैसे के नाम पर नहीं,...
- उनने उससे पूछा कि क्या हुआ?...? वह बोला—महाराज जी! रात भर बड़े खराब-खराब सपने दिखते रहे। क्या सपना दिखा? यह दिखा कि मैं ब्याह करूँगा,...
- उनने कहा क्या आज खाना नहीं बना?...? कहा—नहीं, और दिन तो आप खा लेते थे, पर आज आपने नहीं खाया; क्योंकि आप नशे में थे। तुमने भोजन नहीं किया...
- उनने कहा क्या आज खाना नहीं बना?...? कहा—नहीं। और दिन तो आप खा लेते थे, पर आज आपने नहीं खाया, क्योंकि आप नशे में थे। तुमने भोजन नहीं किया...
- उनने कहा—बेटे, तुममें इतना साहस है?...? उन्होंने कहा कि श्रद्धा-भक्ति ये दो चीजें हमारी हैं और शक्ति आपकी है, प्रेरणा आपकी है, मार्गदर्शन आप...
- उनमें उत्कृष्टता का आलोक कौन जगाये?...? बिना उत्थान प्रयासों के कुसंस्कारी निकृष्टता कैसे घटे? उत्थान का सम्बल कहाँ से मिले? इन प्रश्नों का ...
- उनमें कितना रुपया लगेगा?...? मैं समझता हूँ कि पचास करोड़ रुपये लगेंगे। पैसा आपको दिखाई नहीं पड़ता। पैसा आदमी की आँखों में से चमकत...
- उनमें किस चीज का निर्माण करेंगे?...? उन्हें क्या सिखाएँगे? क्या आप उन्हें इंजीनियरिंग सिखाएँगे? नहीं इंजीनियरिंग नहीं सिखाएँगे। हम दो तरह...
- उनमें केवल देखने के लिए जाते हैं कि बद्रीनाथ कहाँ है, केदारनाथ कहाँ है?...? मन्दिरों में रखे हुए खिलौनों को देखने के लिए जाते हैं। देखने की दृष्टि उनमें कहाँ! दर्शन के लिए दृष्...
- उनमें क्या होता था?...? वे छोटी-छोटी कंपनियों, प्राइवेट कंपनियों का और ढेरों लोगों का बीमा कर डालती थीं। किसी रात वे फेल हो ...
- उनमें क्या होता है?...? कुछ भी नहीं होता। बरसात का पानी, जो चारों तरफ फैल जाता है, बिखर जाता है, उसे रोक दें, बस। पानी रोक द...
- उनमें धन या समय देने से पूर्व हजार बार यह विचार करना चाहिए कि अपने प्रयत्नों की अन्तिम परिणति क्या होगी?...? इस दूरदर्शी विवेकशीलता का अपनाया जाना इन दिनों विशेष रूप से आवश्यक है। हमने ऐसे प्रसंगों में स्पष्ट ...
- उनमें बड़े महात्मा ने कहा-बेटा, रुपये हमारे किस काम के?...? तुम्हे ये रुपये व्यापार के लिए तुम्हारे पिता ने दिये हैं, तुम्हें उनकी आज्ञा के अनुसार ही काम करना च...
- उनमें सरसता के भाव रखे, तो इसमें क्या बुरा है?...? काम वासना की बात सोचे, ये क्या बात है? स्त्री है, इसका मतलब कि ये सिर्फ काम-वासना के ही लिए है क्या?...
- उनमें सर्वश्रेष्ठ और सुरम्य यह पृथ्वी ही क्यों बनी?...? इसके उत्तर में जहाँ प्रकृति संरचना को श्रेय दिया जायेगा, वहाँ मानवी कौशल को भी कम नहीं सराहा जायेगा।...
- उनमें से एक का नाम था हनुमान, हनुमान कौन थे?...? सुग्रीव के वफादार नौकर का नाम था हनुमान। सुग्रीव को जब उसके भाई ने मार-पीटकर भगा दिया, बीबी-बच्चे छी...
- उनमें से कभी-कभी कोई दृष्टांत, उदाहरण चर्चा का विषय भी बनते रहे हैं, पर जब सभी लोग उस स्तर के थे तो चर्चा भी आखिर कहाँ तक की जाए?...?...
- उनमें से सलेक्शन किस-किस का होता है?...? हर एक का सलेक्शन नहीं हो सकता इसलिए क्या हुआ? खुदाबन्द करीम के यहाँ जब मीटिंग जैसी तो उसमें यह पता लग...
- उनसे कहा-तुम्हारा दही और मक्खन कहाँ रखा है?...? गोपियाँ समझतीं थीं कि वे भगवान हैं तो सोने-चाँदी के जेवर लाएँ होंगे, कोई उपहार लाएँ होंगे, पर वे तो ...
- उनसे कहा—तुम्हारा दही और मक्खन कहाँ रखा है?...? गोपियाँ समझती थीं कि वे भगवान हैं तो सोने-चाँदी के जेवर लाए होंगे, कोई उपहार लाए होंगे, पर वे तो कुछ...
- उनसे कैसे बचा जाय?...? (६) महान बनने का सर्वश्रेष्ठ साधना क्या है? (७) प्रगति का रहस्य क्या है? (८) निरन्तर प्रगति एवं उन्न...
- उनसे कोई कशिश है?...? आपके और उनके बीच में कोई मोहब्बत है? बेटे कोई मोहब्बत नहीं है। रोज ही हम सुनते हैं, रोज ही पढ़ते है...
- उनसे कोई क्या कहे?...? किन्तु जिन्हें कुछ आगे की बात सोचनी आती है, उनसे तो कहने सुनने जैसी ढेरों बातें हैं। उनमें से कुछ तो...
- उनसे क्यों नहीं कहा?...? नहीं, नारद जी कह नहीं सकते थे। जो आदमी अपना निश्चय स्वयं करता है, उसी की दूसरे सहायता कर सकते हैं। आ...
- उनसे क्यों नहीं कहा?...? नहीं नारद जी उनसे कह नहीं सकते थे, क्योंकि जो आदमी अपना निश्चय स्वयं करता है उसी की सहायता दूसरे करत...
- उनसे जुड़ गए न?...? गुरुजी अपने गुरु से जुड़ने पर कितने महान बन गए, पर उससे पहले उन्होंने अपनी सारी-की-सारी आकांक्षाएँ औ...
- उनसे निपटने के लिये सतर्कता न बरती जाये तो बात कैसे बने?...? चोर-उचक्कों, ठगों, उद्दण्डों की उपेक्षा न होती रहे, तो वे असाधारण क्षति पहुँचाये बिना न रहेंगे।दुष्प...
- उनसे निपटा कैसे जाए?...? समझाते हैं उनको तो हमसे भी ज्यादा वो दूसरों को समझाते हैं। ऐसे लोगों को समझाने से क्या बात बनेगी? ऐस...
- उनसे बचने के उपाय बताओ?...? (७) आगामी युग में कैसे परिवारों की स्थापना करनी होगी। (८) अवांछनीय तत्त्वों का उग्र प्रतिरोध कैसे कि...
- उनसे बचने के उपाय बताओ?...? (७) आगामी युग में कैसे परिवारों की स्थापना करनी होगी? (८) अवांछनीय तत्त्वों का उग्र प्रतिरोध कैसे कि...
- उन्नति का पथ कैसे खुलने वाला है?...? इसीलिए विद्या इसलिए नहीं है कि हम पास हो जायें, डिवीजन ले आयें और खेलकूद पर प्रभुत्व बना लें, बल्कि ...
- उन्हीं जानकारियों को अगर आप दोबारा, तिबारा, चौबारा लोगों से कहने के लिए चले जायेंगे, तो क्या आपको यकीन है कि लोग आपकी बात मान जायेंगे?...? नहीं मानेंगे। जानकारियाँ देना महत्त्वपूर्ण कार्य है। जानकारियों को तो देना चाहिए, परन्तु अगर आपने ...
- उन्हीं में हमारा सारा का सारा जीवन निकलता चला जाता है और एक रोज मर कर हम मौत की भट्टी में चले जाते हैं, कोई अर्थ है?...? कोई अर्थ नहीं। कोई अस्तित्व नहीं। अस्तित्व तब है, जब मनुष्य अपने जीवन के प्रति जागरूक होता है, सतर्क...
- उन्हें अनर्थ ही क्यों सूझता रहता है?...? उनसे सुविधा, प्रसन्नता और प्रगति जैसा कुछ बन पड़ना तो दूर, उलटे संकटों, विपन्नताओं, विभीषिकाओं का ही...
- उन्हें अपनाये हुए क्यों हैं?...? इन सभी प्रश्नों का उत्तर एक है उनके कारण उत्पन्न होने वाले संकटों के प्रति सम्वेदनशील न होना।...
- उन्हें आप कैसे समझायेंगे?...? मित्रो! जिनके पास समय नहीं है और जो कम समय में सारी की सारी चीजों को जानना चाहते हैं और समझना चाहत...
- उन्हें उभारने, उठाने का जब भीतर या बाहर से कोई प्रयत्न ही नहीं होता, तो आगे बढ़ने, ऊँचे उठने की सम्भावना ही कैसे बने?...? उस दिशा में कुछ ठोस प्रयत्न करने का प्रयास ही कैसे चले? जब उमंगें ही मर गईं तो फिर अग्रगमन का अवसर छ...
- उन्हें एक कार्यकर्ता श्री फौजदार सिंह जी से गुरुजी के विषय में जानकारी मिली, तो उन्होंने कहलवाया, ‘‘क्या मैं अपनी पत्नी को ला सकता हूँ?...? ’’
फौजदार सिंह जी ने गुरुदेव से पूछा, तो उन्होंने कह दिया, ‘‘ले आना बेटा।’’ दूसरे दिन वे अपनी गाड़ी ...
- उन्हें कहाँ मिलता है दूध?...? उनके लिए कौन सा डेरीफार्म खुला हुआ है? वे ऐसे ही कीड़े- मकोड़े खाते फिरते रहते हैं। मोती समुद्र मे...
- उन्हें कहाँ से ढूँढ़ा जाए?...? कौन उनमें प्राण फूँके, कौन उन्हें जुझारू संकल्पों से ओत-प्रोत करे? चारों ओर दृष्टि पसारने के उपरान्त...
- उन्हें किसने बनाया?...? गुरु ने बनाया। लेकिन उनकी श्रद्धा थी, जिसने उन्हें डगमगाने नहीं दिया। गुरु ने कहा कि दूध लेकर आ, तो ...
- उन्हें कैसे इस असामान्य व्यवहार से रोका जा सकता है?...? लम्बी माथापच्ची के बाद भी ये प्रश्न जैसे के तैसे बने हुए हैं तथा मानवी मस्तिष्क को चुनौती देते हैं। ...
- उन्हें कैसे पता लगा कि हम भूखे हैं?...?
थोड़ी देर बाद गुरुदेव बाहर आए व बोले, ‘‘हम डॉ. ओमप्रकाश की गाड़ी में जायेंगे। ओपन गाड़ी में नहीं जाये...
- उन्हें क्या गरज पड़ी है कि वे किसी का चूरमा और लड्डू खाएँ?...? वे तो अपने हाथ-पाँव से मेहनत करके खुद खा सकते हैं और सैकड़ों बन्दरों को भी खिला सकते हैं।...
- उन्हें क्या गरज पड़ी है कि वे किसी का चूरमा और लड्डू खाएँ?...? वे तो अपने हाथ-पाँव से मेहनत करके खुद खा सकते हैं और सैकड़ों बन्दरों को भी खिला सकते हैं।...
- उन्हें क्या मतलब?...? उन्हें तो केवल अपनी उदरपूर्ति से मतलब है। उनको जो सुविधाएँ-साधन मिलने चाहिए, उससे मतलब है। आपसे उन्ह...
- उन्हें क्या सिखाएँगे?...? क्या आप उन्हें इंजीनियरिंग सिखाएँगे? नहीं इंजीनियरिंग नहीं सिखाएँगे। हम दो तरह के आदमी बनायेंगे—एक क...
- उन्हें गूँथकर ऐसा बढ़िया घोंसला बना देता है कि क्या मजाल है कि अण्डा हवा के झोंके से तबाह हो जाए?...? क्या मजाल है कि कौआ उसमें झपट्टा मार दे? उसमें उसके बच्चे मौज के साथ बैठे देखते रहते हैं। कोई आदमी स...
- उन्हें गूँथकर ऐसा बढ़िया घोंसला बना देता है कि क्या मजाल है कि अण्डा हवा के झोंके से तबाह हो जाए?...? क्या मजाल है कि कौआ उसमें झपट्टा मार दे? उसमें उसके बच्चे मौज के साथ बैठे देखते रहते हैं। कोई आदमी स...
- उन्हें चिन्तित देखकर परशुराम ने पूछा-भगवन् आप आनन्द के भी आनन्द हैं फिर चिन्ता का हेतु क्या है?...? निष्कलंक प्रभु ने उत्तर दिया देव! आनन्द स्वरूप होकर भी मैं संसार के हित के लिए दुःखी रहता हूँ।...
- उन्हें छात्रों से पूछने पर पता चल जाता है कि शिक्षण का किस छात्र ने कितना हृदयंगम किया?...? जो पूरी बात न समझ सके हों उन्हें बार-बार पूछने और बताने का क्रम तब तक चलाना चाहिए जब तक कि छात्र वस्...
- उन्हें ज्यादा-से-ज्यादा खुशहाल कैसे रख सकते हैं?...? चमकदार कैसे बना सकते हैं? अभी आप जब 1200 रुपये महीने पाते हैं, तो अपनी लड़की को खुशहाल बनाने के लिए ...
- उन्हें तो इतना ही सोचना और करना है कि पारिवारिकता की उदार सद्भावना का अधिकाधिक विकास कैसे हो?...? कुटुम्ब तो असंख्य है पर पारिवारिक सद्भावना का जिनमें दर्शन हो सके, वे कठिनाई से थोड़े ही ढूँढ़े जा सके...
- उन्हें दबाये, रहने के लिए वे लोग स्त्रियों पर कैदियों जैसे प्रतिबन्ध लगाते रहे होंगे?...? पर आज तो वैसी अनीति का अस्तित्व नहीं रह गया है फिर उन घृणास्पद बन्धनों में नारी को जकड़े रहने की आवश...
- उन्हें देख करके आप हैरान हो जाएँगे कि हम भूतों की दुनिया में कहाँ आ गए?...? ।
मित्रो! मैं जमीन की ग्रेविटी की बात कहता हूँ। यहाँ के एटमास्फियर का जो दूसरा वाला हवा का हि...
- उन्हें पाने का मौका मिल गया है?...? नहीं केवल छोटे से रास्ते से और केवल कुछ प्रयोग करने के तरीके से—जैसे यह चम्मच थे, थालियाँ थीं, कटोरि...
- उन्हें प्रगति पथ पर अग्रसर होने का उत्साह अब कहाँ से मिल सकेगा?...? भ्रान्तियों के जंजाल से हम निकलें और इस बौद्धिक परावलम्बन की बेड़ियाँ तोड़ फेंके यही हमारे लिए उचित एवं...
- उन्हें प्राण का आशय क्या है?...? प्राण को समझते हैं? प्राण किसे कहते हैं?मीरा की इच्छा थी कि भगवान को पाएँगे और भगवान का साक्षात्कार ...
- उन्हें बर्मा की जेल में रंगून भेज दिया गया था, तब क्यों नहीं छुड़ा लिया था अपने को?...? बेटे! ये अकेले नहीं आते, समूह आता है। प्रज्ञावतार जो इस समय आने वाला है, जिसको हम निष्कलंक कहते हैं।...
- उन्हें बर्मा की जेल में रंगून भेज दिया गया था, तब क्यों नहीं छुड़ा लिया था अपने को?...? बेटे ! ये अकेले नहीं आते, समूह आता है। प्रज्ञावतार जो इस समय आने बाला है, जिसको हम निष्कलंक कहते हैं...
- उन्हें भी मनुष्य की तरह स्वतन्त्रता प्रिय है तो पक्षियों को पिंजड़े में क्यों परतन्त्र बनायें?...? रेशमी कपड़े पहनने वाले यह नहीं जानते कि यह धागा किस निर्दयता से प्राप्त किया जाता है। रेशम का कीड़ा जी...
- उन्हें मारने के लिए कौन-कौन आए?...? कालिया नाग आया, पूतना आई, कंस आया और न जाने कितने असुर आए। उनकी जिन्दगी में कितने ही असुर जबरदस्ती ...
- उन्हें मेरी व्यवस्था में परिवर्तन का भी अधिकार हो तो इसमें आश्चर्य की क्या बात?...? (११) खलीफा उमर नमाज पढ़कर खड़े हुए तो उन्हें एक फरिश्ता दिखाई दिया उसके हाथ में एक छोटी सी पुस्तक थी।...
- उन्हें यह ख्याल नहीं करना चाहिए कि यह तो छोटा सा बालक है, यह बेचारा क्या समझेगा?...? इसे दुनियादारी का ज्ञान ही कहाँ है? हम हँसते-खेलते रहें और गन्दी बातें करते रहें तो इस पर क्या असर पड...
- उन्हें यह भी बतलाएँगे कि घर की संस्था का विकास कैसे करना चाहिए?...? आप एक बात का ध्यान रखें कि योग्य कन्याएँ और महिलाएँ ही यहाँ भेजें। बेकार की गूँगी, बहरी, बच्चे वाली,...
- उन्हें विज्ञ समाज में कंगाल कहकर उपहासास्पद एवं घृणास्पद माना जाता था, भले ही अमीरी का ठाठ-बाट उनके पास कितना ही बढ़ा-चढ़ा क्यों न हो?...? प्राचीन भारत का इतिहास इस देश में जन्मे नर रत्नों का इतिहास है। भारत-भूमि ने अन्न, वृक्ष, खनिज जैसी ...
- उन्हें शायद कभी कोई तकलीफ ही महसूस नहीं होती और न शायद यह अहसास होता है कि उनके जीवन में आधुनिक जीवन के साधनों का कितना अभाव है?...? दूसरी तरफ गाँवों में कुछ सम्पन्न घर की महिलाएँ भी होती हैं, जो पढ़ी-लिखी तो नहीं होती लेकिन पहनने-ओढ...
- उन्हें समझना और समझाना चाहिए कि उनकी यह उतावली बच्चों के लिए कितने घातक परिणाम उत्पन्न करेगी?...? समय आ गया है कि हम विवेक के आधार पर हर बात सोचें और बाल-विवाह जैसी मूर्खता का अविलम्ब परित्याग कर दे...
- उन्हें समाधि आती थी?...? बिलकुल समाधि नहीं जानते थे। ध्यान, प्राणायाम भी नहीं किया उन्होंने। एक भी चक्रवेधन नहीं किया था,...
- उन्हें साइकिल पर लादकर चलिए, तो ज्यादा सुविधा रहेगी और क्या करें?...? और आप यह कीजिए, जगह-जगह शिक्षण देने के लिए, अलख जगाने के लिए एक योजना बनाकर ले जाइए। दीवालों पर आदर्...
- उन्हें सिखाते, देखो इस स्थिति में भी किस तरह स्वच्छ रहा जा सकता है?...? सुसंस्कृत बना जा सकता है।अतिरिक्त समय में उनके बच्चों को पढ़ाते। प्रौढ़ों को पुस्तकों से पढ़कर जीवनो...
- उन्हें सोचना चाहिए कि आजीविका उपार्जन के लिए क्या माध्यम अपनाये जाय?...? सर्व विदित अर्थ साधनों में कृषि एवं पशु पालन, परम्परागत व्यवसाय हैं। कृषि में उद्यान भी आता है। पशु ...
- उन्होंने कहा—मेरी नन्हीं सी मीरा जहर कैसे पी सकती है?...? उसका कलेजा जल जायेगा, उसकी जीभ जल जायेगी, उसका गला जल जायेगा। अपनी मीरा को मैं कैसे जल जाने दूँग...
- उन्होंने ढूँढ़ लिया था और हमारा गुरु?...? हम तलाश करने गए थे? हम बिलकुल नहीं गए थे। हमको तो बिलकुल पता ही नहीं चला था। पंद्रह वर्ष के बच्च...
- उन्होंने कहा कि देखें अब हमारे पास मनुष्य कहाँ से आ जायेगा?...? अब वह हमको खामख्वाह तंग नहीं करेगा। एक बार उनका मन आया कि अपने घर चलना चाहिए लक्ष्मी जी के पास, पर...
- उन्होंने कहा कि हृदय चीरकर दिखाओ?...? हनुमान् जी ने अपना हृदय चीरकर दिखाया। हृदय में सीताराम बैठे हुए थे।मित्रो! मेरी माला के हर मोती मे...
- उन्होंने किसकी उपासना की थी?...? किसकी सिद्धि की थी? यह किसका चमत्कार था? बेटे! यह शरीर का चमत्कार है, जिसको हम देवताओं की भूमि कहत...
- उन्होंने न तो यह इंतजाम किया कि पुजारी कहाँ से आयेगा, मन्दिर का भोग कहाँ से लगेगा?...? बस मेरा मन्दिर बन जाये। पाँच हजार रुपये को मिट्टी में झोंक दिया और एक तमाशा खड़ा कर दिया। महीने-दो...
- उन्होंने अपनी जुर्रत दिखाई, हिम्मत दिखाई कि किस समय पर क्या करना चाहिए?...? उनमें हिम्मत थी, हौसला था, भावना थी और वे अजर-अमर हो गए। गिलहरी वाला वक्त, गिद्ध वाला वक्त, जेल जाने...
- उन्होंने अपने आप को अनुशासन में ढालने का प्रयत्न किया था, पर जब उनके गुरु यह तलाश करने लगे कि कौन-से शिष्य को अपना उत्तराधिकारी बनाया जाए?...? सारे विद्वानों की अपेक्षा, नेता और दूसरे गुण वालों की अपेक्षा उन्होंने अर्जुन देव को चुना और यह कहा ...
- उन्होंने अपने आपको गुरु के अनुशासन में ढालने का प्रयत्न किया था और जब उनके गुरु तलाश करने लगे कि कौन-से शिष्य को उत्तराधिकारी बनाया जाय?...? सारे विद्वानों की अपेक्षा, सारे नेता और दूसरे गुण वालों की अपेक्षा उन्होंने अर्जुनदेव को चुना। उनके ...
- उन्होंने अपने मन से कहा कि अब तू समझा कि नहीं समझा?...? आग छूते हैं तो छाले पड़ते हैं कि नहीं पड़ते? हाँ साहब! पड़ते हैं। तो तू उसे छू रहा है, जो आग से भी प...
- उन्होंने अपने मन से कहा कि अब तू समझा कि नहीं समझा?...? आग छूते हैं तो छाले पड़ते हैं कि नहीं पड़ते? हाँ साहब! पड़ते हैं। तो तू उसे छू रहा है, जो आग से भी प्रच...
- उन्होंने आध्यात्मिक जिन्दगी में प्रवेश किया तब, इसमें आगे बढ़े, अपनी संकीर्णता को छोड़ा, तब क्या कमी है इतनी बड़ी दौलत है कि यदि आपको गिनाने बैठें बेटे, तो पसीना आ जाएगा, इतनी दौलत है कि बस आप से क्या कहें?...? इस हिन्दुस्तान में इतनी दौलत कहाँ है? माता जी, आप तो कहती हैं कि हमारे दोनों का कहीं एकाउन्ट नहीं है...
- उन्होंने आपकी जिन्दगी को कैसा भयानक बना दिया है?...? कैसा पिछड़ा बना दिया है? कितना अस्त-व्यस्त बना दिया है? अगर ये आपके जीवन को अस्त-व्यस्त न बनाएँ, तो...
- उन्होंने उत्तर दिया-इसलिये कि कहीं मेरी जीवनी शक्ति नष्ट न हो जाये?...? गवर्नर बड़ा प्रभावित हुआ। यह व्यक्ति गाँधी जी थे। (४) यूनान के महापुरुष डायोजनीज़ का नौकर बिना सूचना ...
- उन्होंने उससे पूछा—क्या नाम है तेरा?...? शिवाजी। क्या काम करता है? मैं तो लकड़हारा हूँ और जानवर चराता हूँ और गाँव में रहता हूँ। लकड़ी तोड़ना...
- उन्होंने उसे गाँठ बाँधकर रक्खा कि मुझको जो भेजा है आखिर किस उद्देश्य के लिए किसी विशेष लक्ष्य के लिए, किसी विशेष कार्य के लिए भेजा है?...? तो वे हर तरीके से गुरुजी की आज्ञा का पालन करते रहे। उन्होंने उनकी वाणी का महत्त्व समझ लिया। जो प्रेर...
- उन्होंने एक टाँग पर खड़े होकर ध्यान लगाया था?...? पूजा की थी? नहीं केवल उन्होंने यह किया था और यह कहा था—हम आपके साथ हैं। आपके साथ कन्धे-से लगाकर चलें...
- उन्होंने कहनी-अनकहनी सब तरह की बातें उससे कहीं और जब नौकर ने धीमी आवाज में इतना कह दिया ‘कि उसने जान-बूझकर थोड़ी तोड़ डाली?...? ’ तो उनका पारा और भी चढ़ गया। गृह-स्वामी ने कहा-‘अच्छा, तुम यों बाज नहीं आओगे तो मैं तुम्हें थाने भेज...
- उन्होंने कहा - मुनासिब क्या है?...? जो मुनासिफ था, वही लोगों से कहा। यज्ञों में, यज्ञों में हिंसा होती है न, हम हिंसा नहीं करेंगे। यज्ञ ...
- उन्होंने कहा कि यह दंगा कैसे हो गया?...? बलवा कैसे हो गया? एक एक कमेटी बैठायी गयी और एक आयोग नियुक्त किया गया, जो इस बात की इन्क्वायरी करे ...
- उन्होंने कहा कि अच्छा जरा पलटकर देखना कि क्या इसमें कहीं मेरा नाम है?...? उन्होंने पलटकर देखा, तो उसमें कहीं नाम नहीं था।
उन्होंने कहा कि मैं सारी जिन्दगी उपासना करते रह गय...
- उन्होंने कहा कि अच्छा देखिए रोटी में गन्ध कैसी है?...? गन्ध का एक अजीब ही जायका आता है। मुँह से खो जाते हैं, उसकी गन्ध नाक तक चली जाती है। उस जायके की गन्ध मु...
- उन्होंने कहा कि आप ऐसे अधीर क्यों होते हैं?...? पन्ना पलटकर देखते हैं। उन्होंने पलटा तो पहले ही नम्बर पर उसका नाम था।
क्यों? उसने समाज को पहला भगव...
- उन्होंने कहा कि आप सरकार से कोई सहायता नहीं लेते?...? सरकार क्या देगी हमको? हम देंगे, आप क्यों देंगे? मैंने कहा ऐसी प्रखर बुद्धि के व्यक्ति देंगे। हम संस्...
- उन्होंने कहा कि आपने मुसलमानों के सामने गायत्री मंत्र क्यों कहा?...? आप कुछ और भी कह सकते थे।
उन्होंने कहा—"आप गायत्री मंत्र को हिंदुओं का क्यों कहते हैं? यह तो सारे...
- उन्होंने कहा कि इन गाँव वालों के पास क्या रखा है?...? सारा खजाना तो राजा के पास है। चलो राजा के पास चलें और उसका सारे का सारा खजाना लूटकर ले आयें। बस ...
- उन्होंने कहा कि इसका हल अभी निकालता हूँ, आप क्यों परेशान होते हैं?...? विष्णु भगवान ने मोहिनी का रूप धारण किया, मतलब पार्वती का रूप धारण करके राक्षस के सामने उपस्थित हुए। ...
- उन्होंने कहा कि एकान्त में हम रहेंगे और एकान्त में रह करके अपनी सूक्ष्मशक्तियों को एकत्रित करेंगे और हमको जो बड़े काम करने हैं, उनमें लगाएँगे और इनसे क्या कराएँगे?...? इनसे तो आपको जो विज्ञप्तियाँ बाँटी गई हैं, उनको आप पढ़ लेना।
अपने जैसा बना लें गुरुवर
हाँ, एक बात ...
- उन्होंने कहा कि कैसा शानदार?...? नेवले ने बताया कि एक यज्ञ ऐसा भी था, जिसमें लोट लगाने से मेरा यह आधा शरीर सोने का हो गया था।
...
- उन्होंने कहा कि गुरुदेव क्या आज्ञा है?...? उन्होंने कहा- बेटा! भिक्षु हो जा। भिक्षु का मतलब हराम की कमाई खाने वाला नहीं है। भिक्षु का मतलब ...
- उन्होंने कहा कि जब आ ही गया है, तो बेइज्जती के साथ उनसे यह कह दिया गया कि अच्छा क्या विषय दिया जाएगा?...? उन्होंने कहा—तुम शून्यवाद पर बोलो। विवेकानन्द ने शून्यवाद पर जो बोलना शुरू किया, तो सब हैरान रह गए क...
- उन्होंने कहा कि तुम लोग बीमार नहीं पड़ते हो?...? हाँ साहब! हम बीमार नहीं पड़ते, तो दवा भी नहीं लेते। पूरा एक साल व्यतीत हो गया। राजा गाँव वालों का ...
- उन्होंने कहा कि तुम्हारा कुसूर है, तुमने अपने कुत्ते को बाँधकर के क्यों नहीं रखा?...? दूसरे ने भी यही कहा कि तुमने अपने कुत्ते को बाँधकर के क्यों नहीं रखा? दोनों में टेंशन होने लगी और ...
- उन्होंने कहा कि तुम्हें मालूम नहीं है कि जो दुकानदार होते हैं, व्यापारी होते हैं, वे क्या काम करते हैं?...? आप ही बताइए, मुझे तो मालूम नहीं है। उन्होंने कहा कि वे बैंक के साथ साझेदारी कर लेते हैं। कैपीटल बैंक...
- उन्होंने कहा कि नियंत्रण से क्या फायदा?...? आहार- विहार की, ब्रह्मचर्य की जरूरत क्या है? आप भी दण्ड पेलते हैं, हम भी दण्ड पेलेंगे। पहलवान ने कहा क...
- उन्होंने कहा कि बेटा, अगर तुम डूब गए तो?...? बच्चे ने कहा—नहीं पिताजी! जब तक आप नहीं डूबेंगे, तब तक हम नहीं डूब सकते। मित्रो ! इसे कहते हैं विश्व...
- उन्होंने कहा कि मीरा जहर पिएगी?...? नहीं, मीरा जहर नहीं पिएगी। तो जहर कौन पिएगा? मेरे प्राणों से प्यारी मीरा, श्रद्धा की मूर्ति मीरा जहर...
- उन्होंने कहा कि मेरे परिवारीजन कहाँ गए, मेरे कुटुम्बी कहाँ गए?...? उन्होंने कहा—वे तो सब नरक में हैं। उन्होंने कहा—मैं भी वहीं चलूँगा, नरक में ही चलूँगा। जहाँ मेरे कुट...
- उन्होंने कहा कि मैं नरक में जाऊँगा तो आप लोग चलेंगे क्या?...? मैं सजा भुगतूँगा तो आप मेरे साथ सजा भुगतेंगे क्या? घर वालों ने कहा कि हम नहीं भुगतेंगे आपके साथ, आप ...
- उन्होंने कहा कि यदि मैं थक गया तब?...? भगवान ने कहा कि मैं तुझे थकने नहीं दूँगा। अर्जुन ने कहा कि यदि मैं रास्ता भूल गया तब? श्रीकृष्ण ने क...
- उन्होंने कहा कि यदि रहे होते तो आप उन्हें क्यों नहीं भेजते?...? हमारे देश में भारत का धर्म और संस्कृति खतम होती चली जा रही है। हमें ब्याह कराने तक की विधि मालूम नही...
- उन्होंने कहा कि ये कैसे हो सकता है?...? क्योंकि यही व्यक्ति तो हमारे गाँव में निमंत्रण देने आये थे, उन्होंने यही कपड़े पहन रखे थे। उनकी बात स...
- उन्होंने कहा कि ये लोग नहीं जानते कि क्या कर रहे हैं?...? हे परमपिता परमात्मा! इन्हें क्षमा करना। ईसामसीह उनके लिए क्षमा की भीख माँगते रहे और उन्हें सूली पर...
- उन्होंने कहा कि राम कहीं माला में होते हैं क्या?...? हनुमान् जी ने कहा कि वह मेरे हृदय में रहते हैं। उन्होंने कहा कि हृदय चीरकर दिखाओ? हनुमान् जी ने अप...
- उन्होंने कहा कि लड़ाई- झगड़ा भी नहीं हुआ, तो फिर किस्सा क्या है?...? आप दुःखी क्यों बैठे हुए हैं? भगवान् ने कहा कि हम लोगों के पास आये थे और उन्हें कल्याण का रास्ता बत...
- उन्होंने कहा कि वहाँ मक्खियाँ भिन−भिना रही थीं और उन मक्खियों के भिनभिनाने की वजह?...? उन्होंने कहा राजा साहब ने जो शहद खाया था और शहद खाने में गलती कर डाली थी, बस उसी की वजह से यह सा...
- उन्होंने कहा कि व्यास जी से नहीं, शुकदेव जी से कथा कहलवाऊँगा?...? शुकदेव जी कौन है? व्यास जी के बेटे हैं। तो क्या बेटे से कथा कहलवायेंगे, बाप से नहीं कहलवायेंगे? हाँ,...
- उन्होंने कहा कि हमारा पति वनवास जाता है, तो हम राजमहल के सुख को लेकर के क्या करेंगे?...? लक्ष्मण ने कहा कि हमारा बड़ा भाई पिता के समान है। वह जंगल में जाता है, वनों में रहता है। हमें वनवास न...
- उन्होंने कहा गड्ढा है?...? हाँ। पानी से भरा है? हाँ। समुद्र कैसा होता है? गड्ढे जैसा। और समुद्र में पानी कैसे भरा होता है? ऐसे ...
- उन्होंने कहा चारों से—चारों कौन थे?...? एक था ब्राह्मण, एक था बनिया, एक था ठाकुर और एक था शूद्र। उन्होंने चारों से पूछा—क्यों भाई! कौन-कौन ल...
- उन्होंने कहा था—किसने?...? द्रोणाचार्य ने। उन्होंने शिष्यों को बताया—"सत्यं वद्।" अच्छा, दुर्योधन सामने आ गया।
उनने कहा—बोलो,...
- उन्होंने कहा नहीं, जो अतिथि हमारे यहाँ आया है, वह भूखा क्यों जाना चाहिए?...? तो क्या करें? उन्हें एक युक्ति समझ में आई।
एक कहीं से जलती तीली लाया, एक ने घास-फूँस इकट्ठा किया ...
- उन्होंने कहा नहीं?...? भूखा नहीं जाना चाहिए; क्योंकि ये हमारे अतिथि हैं, हमारे दरवाजे पर आए हैं, हमारा कुटुम्ब, हमारा ये सब...
- उन्होंने कहा, क्यों भाई साहब क्या बात है?...? अरे साहब सामने वाला बैल कभी आयेगा तो टक्कर मारूँगा। जब एक बहुत मोटा तगड़ा बैल सामने आ गया टक्कर मारन...
- उन्होंने कहा, तुम्हारे अनुष्ठान पूरे हुए हैं?...? मैंने कहा—इस मायने में पूरे हुए कि मैंने जो नियम लिया था, जो व्रत लिया था, उनको बगैर डगमगाये, बिना इ...
- उन्होंने कहा, नहीं, ऐसा है, यह जो शक्ति है, आत्मशक्ति, क्या भौतिक जगत में भी कुछ काम कर सकती है?...? क्या इसके द्वारा संसार में भी कुछ प्रभाव डाला जा सकता है? यह शायद तुम्हें यकीन न हो, इसके लिए हम एक ...
- उन्होंने कहा, यहाँ कौन बसते हैं?...? यहाँ तो निर्जीव हैं, जिन्हें यह भी ध्यान नहीं कि हम यहाँ मन्दिर में बैठे हैं और यहाँ से सामान भी चला ...
- उन्होंने कहा, ‘‘अब चलकर अपने पिता के पास नहीं आयेगी?...? ’’ इतना कहने पर वह धीरे-धीरे पिताजी अर्थात् गुरुजी के पास आ गई। अब गुरुजी ने कहा, ‘‘कुछ खायेगी।’’ उस...
- उन्होंने कहा, ‘‘बिना आरक्षण के आप कैसे जायेंगी?...? ’’ हमने कहा, ‘‘कैसे भी हो, हमें जाना है, मन में ऐसी प्रेरणा आ रही है जैसे गुरुदेव बुला रहे हैं।’’ हम...
- उन्होंने कहा, ‘‘बेटा, फकीर बनने से डर लगता है?...? ’’ मैं चुप रहा। उन्होंने कहा, ‘‘फकीर बनने से आदमी डरता है। सोचता है, रोटी कहाँ से मिलेगी? पर बेटा भग...
- उन्होंने कहा-इस काम के लिए तो ढेरों आदमी विद्यमान हैं, लेकिन जो मुश्किल का काम है, कठिनाई का काम है, कष्ट का काम है, त्याग का काम है, बलिदान का काम है, वह कौन करेगा?...? हनुमान जी ने सेवा को सबसे बड़ा काम समझा, सत्ता को नहीं और शुरू से अन्त तक उसी में निमग्न रहे।...
- उन्होंने कहा-राजकुमार रहना नहीं है और यदि रहना ही होगा तो भगवान के राजकुमार क्यों नहीं रहेंगे?...? बस, भगवान का राजकुमार बनने का फैसला कर लिया उसने। दृढ़ निश्चयी की सहायता करने वाले कम हैं क्या? नारद ...
- उन्होंने कहा—"आप हमारा नाम नहीं जानते हैं तो क्या?...? आपको हमारी शक्ल नहीं मालूम तो क्या? हमारे फर्ज और कर्तव्य तो आपने निभा दिए। आप हमारे सच्चे भक्त है...
- उन्होंने कहा—"क्यों अपना समय नष्ट कर रही हो?...? " पार्वती जी बोलीं—"जब तक हमारा प्रण पूरा नहीं होता, तब तक हम तप करेंगी।" श्रेष्ठ कामों के लिए हिम्म...
- उन्होंने कहा—"मूर्ख किस पर तलवार चलाता है?...? आत्मा पर तू तलवार चला सकता है? आ इधर, उन्होंने उसके सिर पर हाथ फेरा और कहा कि जा, आज से तू डाकू नहीं...
- उन्होंने कहा—"यह कुत्ता, जो हमारे साथ है, उसका क्या होगा?...? " कुत्ते तो स्वर्ग में नहीं जाते, केवल आप ही चल सकते हैं? कुत्ता नहीं जाएगा, तो हम भी नहीं जा सकते। ...
- उन्होंने कहा—अगर तुम्हारे पास गाय हो और गाय बहुत दूध देने वाली हो; बहुत दूध देने वाली गाय का दूध आप दूहें; लेकिन जिस बर्तन में आप दुहें, उसमें सुराख हों और छेद हों तब?...? तब फिर क्या होगा बताओ? शिष्यों ने कहा—महाराज जी! फिर वो दूध चलनी में रुकेगा थोड़े ही। चलनी में जो सुर...
- उन्होंने कहा—इस पर कौन चढ़ेगा?...? अपने हाथ-पैर को जख्मी कौन करेगा? सब वापस आ गये। उन्होंने कहा कि इस राजा को शिष्य बना पाना सम्भव नहीं...
- उन्होंने कहा—कराया जा सकता है?...? एक पैसे का घी और हवन-सामग्री उन्होंने उठाकर लिया। उस जमाने की बात कह रहा हूँ, जबकि एक पैसे ही बहुत क...
- उन्होंने कहा—कौन-सा काम?...? उसने कहा—मुझे भगवान के दर्शन करा दीजिए। मैं भगवान के दर्शन करना चाहता हूँ।
मित्रो! भगवान ने कहा—...
- उन्होंने कहा—क्या करना चाहिए?...? मंत्रों का फायदा उठाना चाहिए। वो एक दिन स्वामीजी के पास गया, उनका राम-नाम का मंत्र लेकर आया, पार चला...
- उन्होंने कहा—क्या बात है?...? वैकुण्ठ तो महाराज जी वही है—जिसमें हम और आप रहते हैं। उन्होंने कहा—हाँ, तो वहाँ तो-दो हजार लोगों के ...
- उन्होंने कहा—चल-चल, गधे के साथ मैं क्यों मिलूँगा, मैं गधा थोड़े ही हूँ?...? तो कौन हैं आप? हम तो रामेश्वरम् हैं। यहाँ कैसे पड़े हैं? हम यह तलाश करने के लिए पड़े हुए थे कि किसी ...
- उन्होंने कहा—जो हमारे अन्दर दुर्गुण हैं, इससे तुम्हारे अन्दर कोई नफरत हुई क्या?...? तो कहा—"ऐसा कैसे हो सकता है? आप तो मेरे भगवान हैं। आप जानें आप का काम जाने। मेरा जो कर्तव्य है वह मै...
- उन्होंने कहा—तुम श्रद्धा की शक्ति को नहीं मानते?...? हमें तो मालूम नहीं कि श्रद्धा क्या होती है? उसने कहा—अच्छा, देखो श्रद्धा की शक्ति का चमत्कार दिखाते ...
- उन्होंने कहा—नहीं, आप कह दीजिए कि मैं मंत्री बन जाऊँगा?...? फिर तो मैं देख लूँगा।
मैंने कहा—मैं कैसे कह दूँ? मैं कोई मंत्री नहीं हूँ, गवर्नर नहीं हूँ, क्या ...
- उन्होंने कहा—फिर आपके किस काम आता वो धन?...? उन्होंने कहा—हमारे तो काम नहीं आता था? पर हमने पीछे के लिये कभी जमा करके रखा था। तो फिर क्या हुआ? को...
- उन्होंने कहा—माताजी क्या खरच होगा?...? भाई ! मुझे तो कुछ मालूम नहीं, खरचा कितना हुआ और कितना होगा? क्या आपको नहीं मालूम?
बेटा! मुझे एक ह...
- उन्होंने कहा—मुझे क्या मालूूम कि यह कैसे हुआ?...? उसने कहा—नारद जी! एक सन्त निकल रहे थे, तो मैंने उनके पैर पकड़ लिए और कहा कि हमारे एक बच्चा हो जाय तो अ...
- उन्होंने कहा—यह कैसा भक्त है, जो पानी लेकर सूखे पत्ते चबा रहा था?...? पेड़ों पर से गिरे हुए आम के पत्ते, जामुन के पत्ते—सब पत्तों को चबा रहा था, उसी को खा रहा था। न शाक खा...
- उन्होंने कहा—यह कैसे पैदा हो गया?...? उसने कहा—एक सन्त ने हमको कहा था और उन्हीं के कहने से यह हुआ। नारद जी ने कहा—सन्त बड़ा होता है कि भगवान ...
- उन्होंने कहा—यह क्यों डूबेगा?...? यह डूबता थोड़े ही है। कमण्डलु डूबने वाला नहीं है। यह तो तैरता रहेगा। भगवान बुद्ध ने दुबारा उसको उठाकर...
- उन्होंने कहा—यह बच्चा किसका है?...? किसान ने कहा—यह हमारा ही बच्चा है। उन्होंने कहा—यह कैसे पैदा हो गया? उसने कहा—एक सन्त ने हमको कहा था ...
- उन्होंने कहा—यहाँ कैसे बताऊँ, इसके लिए तो उपयुक्त वातावरण में चलना पड़ेगा यहाँ ऐसा वातावरण कहाँ है?...? यहाँ अयोध्या के जिस वातावरण में आप रहते हैं, वहाँ ऐसी कोई गुंजायश नहीं है, जो बताया जा सके, क्योंकि ...
- उन्होंने कहा—राजकुमार रहना नहीं है और यदि रहना ही होगा, तो भगवान के राजकुमार क्यों नहीं रहेंगे?...? बस, भगवान का राजकुमार बनने का फैसला कर लिया उसने। दृढ़निश्चयी की सहायता करने वाले कम हैं क्या? नारद ...
- उन्होंने कहा—हम संस्कृत के श्लोकों को पढ़कर आपको वेदान्त का—अध्यात्म का शिक्षण क्या दें?...? आपको देखकर हम नतमस्तक हैं। आप सब सच्चे अर्थों में अध्यात्मवादी हैं। आप में से हर आदमी काम के प्रति इ...
- उन्होंने कहा—हमारे तो काम नहीं आता था?...? पर हमने पीछे के लिये कभी जमा करके रखा था। तो फिर क्या हुआ? कोई चोर ले गया, तो आपका क्या हर्ज है? आपक...
- उन्होंने कहा—‘‘इनसे कैसे पीछा छुड़ाया जाय?...? जो चीज देने की थी, वह तो पहले ही सौंप दी, लेकिन ये तो पीछा ही नहीं छोड़ रहे हैं। ये कह रहे हैं कि हमक...
- उन्होंने कहा—‘‘उसने शक्ति एकत्रित की है, तो क्यों करें शक्तिपात?...? तुममें क्या खास बात है?’’ नहीं साहब! हमारे ऊपर शक्तिपात कर दे। इसलिए उन्होंने कहा कि हम शक्तिपात करन...
- उन्होंने कायदे का और नैतिकता का नियम क्यों तोड़ा?...? वो तो भगवान थे। बालि को बुखार लगा सकते थे और बालि को टी.बी. कर सकते थे और उसको कैंसर का फोड़ा निकाल स...
- उन्होंने कितना कार्य किया?...? वह आप सबको मालूम है। इसी तरीके से महाराणा प्रताप के हाथ में रोटी थी, दोनों बच्चों की रोटी और उनकी रो...
- उन्होंने कैसा गजब का काम किया?...? उसमें अकेले उनकी सामर्थ्य थी क्या? यदि राम ने उनके व्यक्तित्व को ललकारा नहीं होता, तो वे वानर-के-वान...
- उन्होंने कौन-सा मंत्र जपा था?...? बगलामुखी का जपा था। बगलामुखी कैसी होती है? बगलामुखी ऐसी होती है.....। बगलामुखी का जप कीजिए—"ॐ ह्रीं ...
- उन्होंने क्या काम किया?...? उन्होंने पांडवों से कहा कि कंस मारा गया, दुर्योधन और दुःशासन मारे गए। जरासंध वगैरह मारे गए और दूसरे ...
- उन्होंने क्या किया?...? उन्होंने कहा, अच्छा अभी देखता हूँ तेरा भूत। दो डंडे तुझमें लगाऊँगा और दस डंडे इसमें लगाऊँगा। पढ़ा-लि...
- उन्होंने क्या किया?...? उन्होंने बदरीनाथ जा करके ब्रह्मकपालं नामक स्थान पर अपना पिंडदान, श्राद्ध-तर्पण स्वयं किया। आपको पिंड...
- उन्होंने क्या पेश किए?...? बेटे, सबके सब एक दिन इकट्ठा हो गए और फैसला करने लगे कि हम बड़े काम करके दिखाएँगे, ताकि दुनिया समझे कि...
- उन्होंने क्या पेश किए?...? बेटे, सबके सब एक दिन इकट्ठा हो गए और फैसला करने लगे कि हम बड़े काम करके दिखाएँगे, ताकि दुनिया समझे क...
- उन्होंने क्या बताया?...? उन्होंने बेटे, मुझे कर्मकाण्ड बताये। कर्मकाण्ड के बाद, एक और दीक्षा मेरी हुई। पन्द्रह वर्ष की उम्र क...
- उन्होंने क्या रिमार्क लिखे हैं?...? उन्होंने ये रिमार्क लिखे हैं कि हम इनकी इज्जत करते हैं, क्योंकि उन्होंने जिस काम के लिए ये गुनाह किए...
- उन्होंने क्या रिमार्क लिखे हैं?...? उन्होंने ये रिमार्क लिखे हैं कि हम इनकी इज्जत करते हैं, क्योंकि उन्होंने जिस काम के लिए ये गुनाह किए...
- उन्होंने क्यों नहीं कहा?...? नहीं, नारद जी उनसे कह नहीं सकते थे, क्योंकि जो आदमी अपना निश्चय स्वयं करता है, उसी की सहायता दूसरे क...
- उन्होंने क्यों शाप दे दिया?...? गायत्री से लड़ाई हो गई थी? नहीं साहब! लड़ाई-भिड़ाई तो नहीं हो गई थी, पर हमारा ख्याल है कि ब्रह्मा जी...
- उन्होंने गंगा का आह्वान किया और कहा कि मैं गंगा के लिए कहाँ जाऊँगा?...? गंगा स्वयं ही मेरे पास आएगी। मैं गंगा का आराधक हूँ। गंगा मेरी माँ है। माँ स्वयं ही मुझे गोद में खिला...
- उन्होंने गम्भीर होकर राजा जनक से पूछा—‘राजन्’ एक बात तो बताइये कि क्या सभासदों में आपको अच्छे लोग नहीं मिले?...? महाराज जी! ये तो सभी विद्वान हैं, पण्डित हैं। नहीं, आपने तो सब चमार भर्ती कर लिये हैं। पण्डितों की सभा...
- उन्होंने छिपकर के क्यों मारा?...? वो हमको नापसन्द है और रामचन्द्रजी से कभी मुलाकात हुई तो हम सबसे पहली बात ये बताएँगे कि आप तो मर्यादा...
- उन्होंने जो अनुदान और वरदान शिवाजी को दिया था और किसी को क्यों नहीं दिया?...? इसलिए नहीं दिया कि केवल उसके ही अन्दर वह निष्ठा और श्रद्धा पाई गई, जबकि उन्होंने यह कहा कि इसकी परीक...
- उन्होंने ज्योतिर्विज्ञान, ग्रह-नक्षत्रों के विज्ञान की खोज की थी कि किस तरीके से ग्रह-नक्षत्र घूमते हैं तो पृथ्वी पर क्या असर पड़ता है?...? पृथ्वी के निवासियों पर क्या-क्या असर पड़ता है? ये सारी की सारी खोजें आर्यभट्ट ने अपने जमाने में इसी ह...
- उन्होंने ज्योतिर्विज्ञान, ग्रह-नक्षत्रों के विज्ञान की खोज की थी कि किस तरीके से ग्रह-नक्षत्र घूमते हैं तो पृथ्वी पर क्या असर पड़ता है?...? पृथ्वी के निवासियों पर क्या-क्या असर पड़ता है? ये सारी की सारी खोजें आर्यभट्ट ने अपने जमाने में इसी ह...
- उन्होंने तलाश किया कि कौन-सा ऋषि ऐसा होगा?...? वशिष्ठ? नहीं, वह बेकार आदमी है। विश्वामित्र? नहीं, बिल्कुल नहीं। सबसे बढ़िया वाला आदमी तलाशा गया, तो ...
- उन्होंने देखा कि यह देश गुलामी की जंजीरों से कैसे छुटकारा पा सकता है?...? उन्होंने सोचा कि हर व्यक्ति अपने-अपने बच्चों को बहादुर सैनिकों की तरह बनाता और उनसे साहस का काम करात...
- उन्होंने धर्मचक्र प्रवर्तन के माध्यम से लाखों-करोड़ों आदमियों के दिलो-दिमाग को कैसे बदल दिया था?...? समाज की जो प्रथाएँ चल रही थीं, उनको किस तरीके से, हवा के तरीके से बदल दिया था। इस तरह की कोई बात आपक...
- उन्होंने पूछा कि यह किनका है?...? ऋषियों ने बतलाया कि यह उन ऋषियों की हड्डियाँ हैं, जिन्हें राक्षसों ने भक्षण करके डाल दिया है। यह द...
- उन्होंने पूछा कि इसमें हमारा भी नाम कहीं लिखा हुआ है क्या?...? नाम दिखाना। नाम देखा गया, तो उनका नाम नहीं मिला। उनको बड़ा दुःख हुआ कि हमने जिन्दगी भर भगवान के लिए का...
- उन्होंने पूछा कि क्या चीजें हैं तेरे पास?...? हमने कहा कि हमारा शरीर है। हमने सूर्योदय से पहले भगवान् का नाम लिया है अर्थात् भजन किया है, बाकी स...
- उन्होंने पूछा कि क्या चीजें हैं तेरे पास?...? हमने कहा कि हमारा शरीर है। हमने सूर्योदय के पहले भगवान का नाम लिया है अर्थात भजन किया है, बाकी समय ह...
- उन्होंने पूछा कि पैसों का क्या किया?...? नानक जी ने सारी बात बता दी तथा यह कहा कि पिताजी! हमने ऐसा व्यापार किया है, जो भविष्य में हजार गु...
- उन्होंने पूछा कि यह सिद्धियाँ आपको कैसे मिली?...? हमें भी सिखा दीजिए। हमने उनसे कहा कि जितनी भी सिद्धियाँ हमने पाई है, यह हमारे ब्राह्मण बनने की सिद्ध...
- उन्होंने पूछा तुम्हारा नाम क्या है?...? मैंने कहा मेरा नाम बनवारी लाल कुलश्रेष्ठ है। आवाज आई अच्छा आपने कौन-कौन से श्रेष्ठ काम किए। मैंने बत...
- उन्होंने पूछा, लड़की तू कौन से गाँव की रहने वाली है?...? हम तो इसी गाँव के रहने वाले हैं। तेरे घर में? हमारा बाप है, जो पड़ोस में ही काम कर रहा है इसी खेत मे...
- उन्होंने पूछा, ‘‘क्या काम करते हो?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘नौकरी।’’
‘‘कितने पैसे मिलते हैं।’’ मैंने कहा, ‘‘250 रुपये।’’ उन्होंने कहा, ‘‘तुम्हा...
- उन्होंने पूछा, ‘‘क्या बात है?...? ’’ मैंने कहा कि मेरे दिमाग में अब बीवी-बच्चे नहीं हैं। उन्होंने कहा, ‘‘इस छोरी के दिमाग में तो होगी।...
- उन्होंने पूछा-आकाश में क्या है?...? असंख्य तारे वह सज्जन बोले-अभी चन्द्रमा निकलेगा तब? तब तो महाराज चन्द्रमा के सामने सभी नक्षत्र प्रभाव...
- उन्होंने पूछा-तात तुमने और भेड़ों को तो बन्द कर दिया इसी बच्चे से इतना प्यार क्यों?...? गड़रिया बोला-महाराज यह रोज भटक जाता है, इसे इसलिये इतना प्यार देता हूँ ताकि वह फिर न भटक जाये। ईसामस...
- उन्होंने पूछा-लड़की तू कौन से गाँव को रहने वाली है?...? हम तो इसी गाँव के रहने वाले हैं। तेरे घर में? हमारा बाप है, जो पड़ोस में ही काम कर रहा है इसी खेत मे...
- उन्होंने पूछा-‘‘कहाँ से आये हैं?...? ’’ चूँकि वे हकला कर बोले थे अतः उनको भी मजाक सूझी। उन्होंने भी उसी भाषा में हकला कर जवाब दिया, ‘‘आ-ज...
- उन्होंने पूछा-‘‘कैसे आये हो?...? ’’ बताया-‘‘घूमने आया हूँ।’’ गुरुजी ने कहा-‘‘केशव टीला जरूर जाना।’’ वे घूमते-घूमते थक गये थे पर गुरुज...
- उन्होंने पूछा—"तेरे बच्चे ने अब गुड़ खाना, मिठाई खाना छोड़ा कि नहीं छोड़ा?...? " उसने कहा—"हाँ, महाराज जी! छोड़ दिया।" उसने कहा—"आपने तब क्यों नहीं कहा—"जब मैं पहले आया था?" उन्हो...
- उन्होंने पूछा—वह किसान, जो बैठा हुआ था और यह कहता था कि हमारे बाल-बच्चे कब होंगे?...? विष्णु भगवान ने ध्यान लगाकर देखा। उन्होंने कहा—यह तो बड़ा खराब आदमी है। उसका पहला पुण्य कुछ भी नहीं ह...
- उन्होंने पैसा कहाँ से इकट्ठा कर लिया?...? भीख माँगी और कहाँ से इकट्ठा कर लिया? भीख माँगी जाती है। भीख माँगने से किसी को क्या मिला है? भीख माँग...
- उन्होंने फरिश्ते को बुलाया और यह कहा कि इस किताब में क्या लिखा हुआ है?...? फरिश्ते ने कहा कि इसमें उन लोगों के नाम लिखे हुए हैं, जो खुदाबन्द करीम की इबादत करते हैं। पूजा करते ह...
- उन्होंने बहुत तलाश किया, पर वे एक बात का अंदाज नहीं लगा सके कि किसका भविष्य अच्छा है?...? आज कोई आदमी सुखी है। आज कोई आदमी स्वस्थ, नीरोग है। आज कोई आदमी अच्छा है, पर इससे यह अन्दाजा तो नहीं ल...
- उन्होंने भजन किया था?...? किया होगा, मैं यह तो नहीं कहता कि भजन नहीं किया था। प्राणायाम नहीं किया होगा? बेटे किया होगा। लेकिन ...
- उन्होंने भजन किया था?...? ? किया होगा, मैं यह तो नहीं कहता कि भजन नहीं किया था। प्राणायाम नहीं किया होगा? बेटे किया होगा। लेकि...
- उन्होंने भिक्षा तो ले ली, पर एक बात पूछा-कि आपने कैसे जान लिया कि मैंने चिड़िया को अपनी दृष्टि से जला दिया था?...? योगाभ्यास करती हूँ।क्या? योगाभ्यास करती हैं? हाँ मेरा योगाभ्यास यह है कि मैं समझती हूँ कि मेरा जो ...
- उन्होंने भी बोलना बन्द कर दिया था?...? बिना बोले भी आप हवा को ठीक कर सकते हैं। आपको बहुत बोलना आता है, पर आप हैं क्या? हमको यह बताइए। असल म...
- उन्होंने भी बोलना बन्द कर दिया था?...? बिना बोले भी आप हवा को ठीक कर सकते हैं। आपको बहुत बोलना आता है, पर आप हैं क्या? हमको यह बताइए। असल म...
- उन्होंने महात्मा स्वामी हरिदास जी को बुलाया और कहा कि ये मेरठ से आए हैं, अँगरेज हैं और यह देखना चाहते हैं कि क्या मरा हुआ आदमी जिन्दा हो सकता है?...? स्वामी जी ने कहा कि हम दिखा सकते हैं। अँगरेज ने कहा कि अगर ये चालाकी करते हैं तो हम पकड़ लेंगे। ठीक ह...
- उन्होंने महात्मा स्वामी हरिदास जी को बुलाया और कहा कि ये मेरठ से आए हैं, अंगरेज हैं और यह देखना चाहते हैं कि क्या मरा हुआ आदमी जिन्दा हो सकता है?...? स्वामी जी ने कहा कि हम दिखा सकते हैं।
अंगरेज ने कहा कि अगर ये चालाकी करते हैं तो हम पकड़ लेंग...
- उन्होंने माताजी की ओर संकेत करते हुए कहा कि ‘‘इस लड़के को पहचान गई?...? ये वो ही है।’’ वन्दनीया माताजी के ‘‘अच्छा-अच्छा’’ कहते ही हमारे अन्दर कम्पन सा हो गया। गुरुदेव ने पा...
- उन्होंने मुझसे पूछा, ‘‘किसी से तेरा कोई झगड़ा हुआ है क्या?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘नहीं माताजी, ऐसी तो कोई बात नहीं हैं।’’ तब माताजी बोली, ‘‘ठीक है बेटी, मैं देख लूँगी...
- उन्होंने मुझे पूछा-‘‘महासमुन्द चलेगी क्या?...? ’’ मैंने कहा-‘‘गुरुदेव! मैं घर में कहकर नहीं आई हूँ, इसलिये नहीं जा सकती।’’
पूज्यवर ने कहा, ‘‘ठीक ह...
- उन्होंने मोल ले लिया, किसने?...? मीरा ने और द्रौपदी ने। जब आर्तनाद से भगवान को पुकारा तो भगवान दौड़ते हुए चले आए और भगवान पर जितना था...
- उन्होंने मोल ले लिया, किसने?...? मीरा ने। मीरा ने और द्रौपदी ने जब आर्तनाद के साथ भगवान को पुकारा तो भगवान दौड़ते हुए चले आए, चले आए ...
- उन्होंने यह कहा कि मुनासिब क्या है?...? जो मुनासिब था, वह इन लोगों से कहा। यज्ञों में हिंसा होती है, ना। हम हिंसा नहीं करेंगे। यज्ञ की बात व...
- उन्होंने यह गलती तो देखी नहीं कि हमारी पीठ में गन्ना क्यों मारा?...? वह तो उनकी कला को देखते रह गये। उन्होंने कहा-कि देखो इसको गन्ना मारने की कला कैसी बढ़िया आती है। एक...
- उन्होंने यह निश्चय किया था कि पेट भरने के लिए नौकरी करने से क्या फायदा?...? पेट तो हम किसी भी तरीके से भर सकते हैं। जिन छोटे देहातों में शिक्षा का अभाव है, वहाँ हम एक कन्या पाठ...
- उन्होंने यह निश्चय किया था कि पेट भरने के लिए नौकरी करने से क्या फायदा?...? पेट तो हम किसी भी तरीके से भर सकते हैं। जिन छोटे देहातों में शिक्षा का अभाव है, वहाँ हम एक कन्या पाठ...
- उन्होंने ये कहा अगर भगवान ने ऐसे वेद बनाये हैं जिसमें कि नैतिक सिद्धान्तों का परिपालन नहीं हुआ है, तो फिर ऐसे भगवान को मानने की आवश्यकता क्या है?...? फिर उन्होंने भगवान के मानने से इन्कार कर दिया। कहने का अर्थ ये है कि उन्होंने विवेक को, बुद्धम शरणम्...
- उन्होंने रोने का कारण पूछा—"भाई क्या बात है?...? हमारी दावत में कोई कमी है क्या? तुम्हारे स्वागत में कोई कमी है क्या? या हमने आपको जो बुलाया है, तो स...
- उन्होंने विधि और कर्मकाण्ड के बारे में पूछा—स्वामीजी क्या मंत्र है?...? कान में कह दिया उन्होंने—राम नाम है। लोगों ने कहा—आप कान में क्यों कहते हैं? उन्होंने कहा—कान में इस...
- उन्होंने सर्पों को भी छाती से लगाया और जहर को भी अपने गले में उतारा था और अमृत?...? अमृत सबको बाँट दिया।
फूलों की तरह बनिए
आप उनका कार्य करिए, शंकर जी जैसा कार्य करिए। आपने फूलों को ...
- उन्होंने सोचा कि आफत हमारे ऊपर भी आ गयी तब?...? बस, वह नौकरी देता है और नौकरी के लिए आफत आवे तो उसके ऊपर आवे। हमें तो इससे कोई लेना-देना नहीं है। उन...
- उन्होंने सोचा कि क्या किया जाए?...? वैसे तो सन्त किसी से अपमान का बदला नहीं लेता है, लेकिन उन्होंने उसके सामने एक दासीपुत्र को लाकर खड़ा ...
- उन्होंने सोचा कि जब कुरते से हवा हो सकती है, तो पंखा लेकर मैं क्यों चलूँ?...? और पंखा भी फेंक दिया और गिलास लेकर के चलने लगे। आगे चलकर उन्होंने देखा कि एक आदमी झरने के नीचे से हा...
- उन्होंने सोचा कि जब हाथ को मोड़ करके तकिया बनाया जा सकता है, तो इस तकिये को लेकर के मैं क्यों चलूँ?...? भगवान ने तो इतना अच्छा तकिया दे रखा है। फिर कुछ आगे चले, तो देखा कि एक आदमी कहीं से धूप में चलकर आया...
- उन्होंने सोचा कि जब हाथ में कटोरे पहले से ही बने हैं, तो गिलास, कटोरे की क्या जरूरत है?...? और उन्होंने गिलास भी फेंक दिया।
वासनाओं पर नियंत्रण कीजिए
मित्रो! मैं यह कह रहा हूँ कि व्य...
- उन्होंने सोचा कि यह जापान थोड़े ही समय में इतना सम्पत्तिवान-लक्ष्मीवान कैसे हो गया?...? भारत के लोगों ने हजारों वर्षों से लक्ष्मी जी का पूजन किया, लक्ष्मी स्त्रोत का पाठ किया, परन्तु संपत्त...
- उन्होंने स्वयं ही कहा-‘‘कैसे आये बच्चो?...? कुछ पूछना है तो पूछो।’’
हम लोगों ने कहा, ‘‘गुरुजी, हम लोग प्लान्ट में काम करते हैं। आपका इतना सारा...
- उन्होंने हमारे पिछले जन्मों को दिखा दिया था, लेकिन हम तो नहीं दिखा सकते कि आप पिछले जन्मों में क्या थे?...? आप जिस हैसियत का जीवन जी रहे हैं, वह आपके मुताबिक़ नहीं है, यह हम जरूर बता सकते हैं। आपकी महत्त्वाका...
- उन्होंने हमें बुलाया और कहा, ‘‘क्या लड़कपन करते हो?...? दोनों की बात सच्ची है। मैं यहाँ भी था, वहाँ भी था। वहाँ रेल में भी भटनागर जी के साथ मैं ही था। यज्ञ ...
- उन्होंने, जो मोती बीनने वाले मछुआरे थे, उससे पूछा—मोती कहाँ से पैदा होते हैं?...? कहाँ पर मिलते हैं? मछुआरे ने कहा—देखिए साहब! यही वह इलाका है, जिसमें सीप और मोती पाए जाते हैं। यहाँ ...
- उपचारकर्ता, अपनी पराजय की झेंप मिटाने और रोजगार चलाने के लिए बढ़-चढ़कर प्रशंसा करके उपचार-बचाव आदि का लबादा ओढ़ते रहते हैं, पर सच्चाई अपनी जगह पर अड़ी रहकर पूछती है कि चिकित्सा तंत्र जब तूफानी गति से बढ़ रहा है, तो सर्वसाधारण को आरोग्य रक्षा का आश्वासन क्यों नहीं मिलता?...? इस असमंजस के निवारण के लिए तनिक अधिक गहराई में उतरने की जरूरत है। खोजों का अन्तिम निष्कर्ष आज या कल ...
- उपनिषदों के, दर्शनों के?...? हाँ किए हैं। २५०० किताबें भी लिखी हैं? हाँ बेटे! लिखी हैं तो कोई आपका स्टेनो है? नहीं बेटे! हमारा को...
- उपनिषदों के, दर्शनों के?...? हाँ किए हैं। अपने वजन से अधिक किताबें भी लिखी है? ही बेटे! लिखी हैं तो कोई आपका स्टेनो है? नहीं बेटे...
- उपनिषद् में क्या है?...? अरे, वेदों का व्याख्यान है और क्या है? उपनिषदों में वेदों का सार है। इसके प्रत्येक मंत्र वेदों में स...
- उपयोग की बात आपके जीवन में कहाँ आई?...? दृष्टिकोण उदात्त हो तो स्वर्ग मित्रो! उपयोग की बात यदि आपके जीवन में आ गयी होती, तो जो कुछ भी आपको म...
- उपयोग क्या है?...? उपयोग उसे कहते हैं, जहाँ जिन लोगों को जरूरत है, वहाँ उन आवश्यकताओं के लिए हम अपने ज्ञान का उपयोग, पै...
- उपवास का एक, ब्रह्मचर्य का दो, मौन का तीन, जमीन पे सोने का चार, अपनी सेवाएँ अपने आप करने का पाँच - ये क्या बात है?...? ये मनोबल (के) बढ़ाने की प्रक्रियाएँ हैं। आदमी का संकल्प मजबूत होना चाहिए। अध्यात्म का प्राण ही वह संक...
- उपवास के लाभ बताइये?...? (१०) चूहों व कीड़ों से अन्न की बरबादी बचाने के लिए क्या किया जाये? (११) अन्न संकट को उत्पादन वृद्धि ...
- उपवास के लिए हम क्यों बुलाते हैं आपको?...? उपवास तो आप घर पर भी कर सकते हैं, बहुत-से आदमी करते भी हैं; नवरात्रि पर उपवास करते हैं, दूसरे उपवास ...
- उपहार से क्या मतलब है?...? उपहार से मतलब है—चन्दन, धूप, दीप, नैवेद्य आदि चीजें दी जाएँ। अगर भगवान ऐसी अपेक्षाएँ करता है कि हमारी...
- उपार्जन और व्यय कैसे करना चाहिए?...? यह जीवन की एक शैली है, एक क्रम है और एक आधार है। अध्यात्म एक साइन्स है, इसमें जीवन का क्रम बदलना पड़त...
- उपार्जन और व्यय कैसे करना चाहिए?...? यह जीवन की एक शैली है, एक क्रम है और एक आधार है।अध्यात्म एक साइंस है जिसमें जीवन का क्रम बदलना पड़ता ...
- उपार्जन बढ़ा किन्तु बर्बादी न रुकी तो उसे बढ़ोत्तरी से भी क्या बनेगा?...? सामाजिक कुरीतियाँ हमारी नैतिक, आर्थिक और सामाजिक ही नहीं शारीरिक, मानसिक एवं पारिवारिक बरबादियों की ...
- उपार्जित धन नहीं है, तो मैं किस प्रकार इसको खा सकता हूँ?...? इसलिए आपके निमंत्रण में मैं आना नहीं चाहता था, लेकिन आपने बुलाया, तो मैं आ जरूर गया हूँ, पर मुझे क्ष...
- उपासना जैसे काम में आपका मन नहीं लगता, इसकी क्या वजह हो सकती है?...? इसकी कोई बड़ी भयंकर वजह होनी चाहिए। उपासना में आपका मन नहीं लगता, लेकिन अपने रिश्तेदारों के साथ ...
- उपासना में मन लग गया?...? अभी तक तो नहीं लगा। आगे लगेगा? आगे को मैं आपको आगाह किए देता हूँ कि आपका मन कभी नहीं लगेगा। तो ग...
- उपासना करते समय हम भगवान से क्या माँगा करें?...? १०. सर्वत्र श्री, समृद्धि, प्रगति एवं शान्ति की परिस्थितियाँ उत्पन्न करते रहने के लिए हमें क्या करते...
- उपासना करने की विधियाँ क्या हैं?...? यह सब मैं बताकर जाऊँगा। इस जमाने के लिहाज से उपासना किस तरीके से की जानी चाहिए? यह मैं अपने जीवन में...
- उपासना का अर्थ क्या होता है?...? शब्दकोशों में 'उप' कहते हैं, पास को और 'आसन' माने बैठने को कहते हैं। पास-पास बैठ जाने का अर्थ उपासना...
- उपासना का अर्थ मैं आपको समझा चुका, पास बैठ जाना, किसके पास बैठ जाना?...? जिसके हम पास हम बैठ जाते हैं, उसके रंग में हम रंग जाते हैं। खराब लोगों की संगति में हम बैठते हैं, खर...
- उपासना का कोई फल नहीं होता?...? मैं पूछती हूँ, क्यों नहीं होता? पहले आप यह बताइए सारी जिन्दगी हो जाती है माला घुमाते-घुमाते; लेकिन ज...
- उपासना का तत्त्व और ज्ञान इसी पर चढ़ा हुआ है कि आप भगवान के अनुयायी होते हैं कि नहीं, आप भगवान का अनुशासन मानते हैं कि नहीं, आप भगवान् की इच्छानुसार चलते हैं कि नहीं, आप भगवान के बताये हुए इशारे और संकेत पर अपने कदम बढ़ाते हैं कि नहीं?...? एक ही प्रश्न है, बस। आपका वो ख्याल ठीक नहीं है कि हम भगवान को अपनी मन-मर्जी पर चला सकते हैं। आप भगवा...
- उपासना का तत्त्वज्ञान और फिलॉसफी मैं समझाऊँगा आपको थोड़ी देर में कि उपासना क्या हो सकती है और अध्यात्म क्या हो सकता है?...? अभी तो यह बताता हूँ कि पारस किसे कहते हैं? पारस उसे कहते हैं जिसके स्पर्श से जो चीज जैसी हो, वैसी न ...
- उपासना किसे कहते है?...? भगवान के नजदीक बैठना। भगवान के नजदीक बैठने का अर्थ होता है, उसकी विशेषताओं को ग्रहण करना, मसलन आग के...
- उपासना किसे कहते हैं?...? बेटे! उपासना नजदीक बैठने को कहते हैं, लेकिन नजदीक बैठने के बारे में एक बात आपको और ख्याल में रखनी पड...
- उपासना किसे कहते हैं?...? उपासना भजन करने को कहते हैं। हम आपको जो कर्मकाण्ड कराते हैं, जिसमें जप भी शामिल है, हवन भी शामिल है,...
- उपासना किसे कहते हैं?...? मित्रो! इसे मैं आपको समझाना चाहता हूँ। उपासना का अर्थ होता है-नजदीक बैठना, समीप बैठना, पास बैठना। इत...
- उपासना किसे कहते हैं?...? अध्यात्म को कहते हैं। उपासना का सिद्धान्त ही मैं आपको समझाने वाला था और कुछ समझाने वाला नहीं था। सिद...
- उपासना की परिणतियाँ-फलश्रुतियाँ पढ़ी-सुनी गईं थीं, उसमें से कोई कसौटी पर खरी नहीं उतरी, तो विश्वास टिकता भी कैसे?...? हमारी जीवन गाथा सब जिज्ञासुओं के लिए एक प्रकाश स्तम्भ का काम कर सकती है। वह एक बुद्धिजीवी और यथार्थव...
- उपासना के बारे में कहा था न?...? भगवान के साथ सम्बन्ध जोड़िए; भगवान का अनुशासन स्वीकार कीजिए; भगवान की सत्ता पर विश्वास कीजिए; कर्मफल ...
- उपासना के लिए कर्मकाण्ड?...? हाँ बेटे! आपको थोड़े से कर्मकाण्ड भी सिखाएँगे। क्या सिखाएँगे? आपको गायत्री मंत्र की उपासना सिखाएँगे...
- उपासना के लिए क्या करें?...? भगवान भी देगा, तो कितना देगा? आपके श्रम के हिसाब से जो मिल सकता है, वो चीज ऐसी है, जो आपके काम की है...
- उपासना कैसे मंत्रसिद्ध हो सकती है?...? भगवान का अनुग्रह प्राप्त करने के अधिकारी हम कैसे हो सकते हैं? मित्रो, ये सारे-के-सारे घटनाक्रम हमारे...
- उपासना कैसे मंत्रसिद्ध हो सकती है?...? भगवान का अनुग्रह प्राप्त करने के अधिकारी हम कैसे हो सकते हैं? मित्रों, ये सारे के सारे घटनाक्रम हमार...
- उपासना क्या हो सकती है और उपासना के आधार क्या हो सकते हैं?...? बेटे ! मैंने इसीलिए शिविर में आपको बुलाया था कि गायत्री उपासना के जो पाँच अंग, पाँच कोश—अन्नमयकोश, प...
- उपासना क्या हो सकती है और उपासना के आधार क्या हो सकते हैं?...? बेटे! मैंने इसीलिए शिविर में आपको बुलाया था कि गायत्री उपासना के जो पाँच अंग, पाँच कोश-अन्नमयकोश, प्...
- उपासना क्यों बन्द कर दी?...? ’’ सन्त मधुर वाणी में बोले-‘‘वत्स! भगवान् की इच्छा है कि उनके संसार में कोई दीन-दुःखी न रहे। उनकी इच...
- उपासना क्षेत्र में कदम बढ़े, पर यह अदम्य अभिलाषा भी बनी रही कि जैसा कहा जाता है, वैसी शक्ति भी अध्यात्म में होनी ही चाहिए, अन्यथा पटरी से उतरे इंजन को उठाकर फिर से यथास्थान रख सकने जैसा प्रयोग बन कैसे पड़ेगा?...? मार्गदर्शक ने उत्सुकता के औचित्य को समझा, साथ ही अपने निजी उत्कर्ष को भी उसमें जोड़ा कि समय का प्रवा...
- उपासना भगवान की, साधना आत्मदेव की और आराधना?...? आराधना समाज की। आपका समाज के प्रति भी कुछ कर्तव्य है।मनुष्य एक सामाजिक प्राणी है। इसकी उन्नति अकल स...
- उपासना में क्या करना होता है?...? उपासना में नजदीक आते हैं और नजदीक आने के साथ-साथ सबसे पहला काम करना पड़ता है—अपनी सफाई। अपनी सफाई हम ...
- उपासना में क्या तमाशा होते हैं?...? नहीं साहब! ये चक्र चमकेंगे, कुण्डलिनी चमकेगी और रात को सपने दीखेंगे, गणेश जी दीखेंगे और आज्ञा चक्र चम...
- उपासना में क्या तमाशा होते हैं?...? नहीं साहब यहाँ ये चक्र चमकेंगे और कुण्डलिनी चमकेगी, और रात को सपने दीखेंगे, और गणेशजी दीखेंगे, और आज...
- उपासना में मेरी अटूट निष्ठा है, फिर मैं आपकी निष्ठा को कम क्यों करूँगा?...? मुझे भय रहता है कि कहीं पूजा-उपासना में आपका विश्वास कम न हो जाय। इसलिए मैं चाहता हूँ कि आप पूजा-उ...
- उपासना से पैसा भी मिल सकता है?...? हाँ पैसे भी मिल सकते हैं। आप कहें तो मैं पुरानी बात बता सकता हूँ। गुरु जी पुरानी बात बताइये। चलिए पु...
- उमर ने आश्चर्य चकित होकर पूछा क्या दुनियाँ में ऐसे भी लोग हैं जिनकी खुद भगवान् उपासना करते हैं?...? फरिश्ते ने कहा-हाँ जो संसार की सेवा में लगे हैं उनकी इबादत भगवान् खुद करता है यह कहकर फरिश्ता अपनी क...
- उमर ने पूछा इसमें मेरा भी नाम है क्या?...? फरिश्ते ने सारी पुस्तक पलट डाली पर उसमें उमर का नाम न निकला। उमर दुःखी खड़े थे तभी दूसरा फरिश्ता आया।...
- उम्र के हिसाब से, जन्मपत्री के हिसाब से डेट ऑफ बर्थ के हिसाब से हमारी सत्तर वर्ष उम्र होती है और वैसे कितनी होती है?...? वैसे जो अभी बता रहा था कि पाँच लाभ गायत्री के होते हैं। गायत्री के पाँच मुख और और पंचकोष हैं—इस हिसा...
- उम्र के हिसाब से, जन्मपत्री के हिसाब से, डेट ऑफ बर्थ के हिसाब से हमारी सत्तर वर्ष उम्र होती है और वैसे कितनी होती है?...? वैसे जो अभी बता रहा था कि पाँच लाभ गायत्री के होते हैं। गायत्री के पाँच मुख और पंचकोश हैं-इस हिसाब स...
- उर्मिला, सीता, कौशल्या का व्यक्तित्व कितना महान है?...? आज लोग चमत्कार की बात करते रहते हैं। मित्रो! चमत्कार जादू हो सकते हैं। अगर चमत्कार को देखकर आप उस व्...
- उलझन और भ्रम पैदा होता हुआ चला जाता है कि कौन संस्था देश के लिए काम कर रही है?...? ऐसे-ऐसे बढ़िया नाम हैं, ऐसे-ऐसे बढ़िया साइन बोर्ड हैं, ऐसे बढ़िया कागज हैं कि देखते हैं तो देखते ही र...
- उलझी हुई समस्याओं का समाधान तो उनसे बन ही कैसे पड़ेगा?...? इन दिनों पतन-पराभव का संकट, विग्रह का संकट, विग्रह का वातावरण बन कर खड़े हुए अराजकता स्तर के असमंजसो...
- उलटा अर्थ कौन-सा लगाया?...? अखण्ड ज्योति में एक लेख चला गया कि ज्योति अभी बुझी नहीं। चण्डीगढ़ का एक लड़का रोता-बिलखता आया।
उसने...
- उल्टियाँ हो जाएँ तो क्या?...? पर खाने से बाज न आने वाले थे वे। जबान के दो विषय मित्रो हमारी जबान के दो विषय हैं, जबान हमारी बड़ी फू...
- उल्टे प्रवाह का मोड़कर सीधी दिशा में चलने के लिए लोकमानस को नियोजित करने का तारतम्य बिठाएँ?...? समय की अनिवार्य आवश्यकता को पूरा कर सकने वाले प्रकाश-कण कहीं से उभरते नहीं। नव जागरण के स्वर कहीं से...
- उल्लू कहा होगा और यह कहा होगा कि धर्म के नाम पर तूने क्या पा लिया-असफलता?...? इतिहास में-दुनिया में जितने लोग असफल हुए हैं, उनसे ज्यादा सफल हुए हैं; लेकिन जिनको हम असफल होते हु...
- उल्लू सीधा करना किसे कहते हैं?...? जो हमारी उचित और अनुचित माँगों को पूरा कर दे, जो हम माँगें, वह लाकर दे दे, वह उल्लू है।
बेटे,...
- उस बेचारी का क्या होगा?...? वह हम सबको पकड़ लेगी और रोयेगी, तो हम सब क्या करेंगे? सभी जुलाहे बैठकर रोने लगे कि हममें से एक मर ग...
- उस अभागे को यह समझ में नहीं आया कि जब भगवान् ने बन्दर के लिए, अन्य प्राणियों के लिए पेट भरने की व्यवस्था की है, तो क्या उसके प्रिय पुत्र मनुष्य को वह रोटी का प्रबन्ध नहीं करेगा?...? परन्तु हाय रे! अभागे मनुष्य-वह इसकी कीमत नहीं जान सका। वह अपने उद्देश्य को भूल गया तथा यह कहने लगा...
- उस अवसर को गँवाकर वे जिस ललक लिप्सा की पूर्ति का दिवा-स्वप्न देखते रहते हैं, उसे भी कौन साकार कर पाता है?...? तृष्णा मरते समय तक प्रौढ़ ही बनी रहती है। शेख-चिल्लियों का समुदाय कुबेर जैसा धनाढ्य और इन्द्र जैसा...
- उस अवसर को गँवाकर वे जिस ललक-लिप्सा की पूर्ति का दिवा-स्वप्न देखते रहते हैं, उसे भी कौन साकार कर पाता है?...? तृष्णा मरते समय तक प्रौढ़ ही बनी रहती है। शेखचिल्लियों का समुदाय कुबेर जैसा धनाढ्य और इन्द्र जैसा प्...
- उस आगन्तुक ने कहा-लेकिन तुम तो रोगी हो?...? इस पर उसने उत्तर दिया हाँ सम्भव है मैं मर जाऊँ पर सैकड़ों लोग मरे उससे तो मेरा अकेले का ही मर जाना अ...
- उस आदमी का नाम क्या है?...? भोगी है। भोगी से भिन्न प्रकार का स्तर जो है, वह क्या है? उसका नाम योगी है।
योगी भगवान के लिए समर...
- उस कूड़े-कचरे में से क्या चीज पल्ले पड़ती?...? आज आपको इस कूड़े-कचरे में से क्या चीज पल्ले पड़ने वाली है? कुछ भी तो नहीं है, सिवाय आफत पैदा करने के औ...
- उस क्षेत्र में भरी पाप विषाक्तता का निष्कासन कैसे हो?...? जब तक यह प्रयत्न नहीं किया जाय तब तक संचित कुसंस्कार बलिष्ठ ही बने रहते हैं। पत्तियाँ तोड़ लेने प...
- उस क्षेत्र में भी वह बहुत कुछ कर सकती थी पर करे कैसे?...? जिसे तुच्छ माना गया है, जिसे तुच्छ बनाया गया है, वह तुच्छता की भूमिका ही निभाता रह सकता है।
कोयले...
- उस गहरी खुमारी और लड़खड़ा देने वाली बदहवासी में यह सोचते भी नहीं बन पड़ा कि इस विक्षिप्तता से उन्मत्त होकर, जो कर गुजरने का आवेश चढ़ दौड़ा है, उसका क्या परिणाम होगा?...? अनाचारी इसी उन्मादग्रस्त स्थिति में कुछ भी कर गुजरते हैं और पछताते तब हैं, जब कुकृत्यों के दुष्परिणा...
- उस घटना को देखकर मन में आया यह कैसे ठीक हो जायेगा?...? जबकि इसे रिह्यूमेटिक हार्ट की बीमारी जान पड़ती है। पूज्यवर ने मेरे मन की बात शायद पढ़ ली और मुझे कहा, ...
- उस घर में आदमी जिएँगे कैसे?...? जिस तरीके से शरीर की भूख होती है, उसी तरीके से मन की भी भूख होती है और आत्मा की भी भूख होती है। मन औ...
- उस घर में आदमी जिएँगे कैसे?...? जिस तरीके से शरीर की भूख होती है, उसी तरीके से मन की भी भूख होती है और आत्मा की भी भूख होती है। मन औ...
- उस घर में आदमी जिएँगे कैसे?...? जिस तरीके से शरीर की भूख होती है, उसी तरीके से मन की भी भूख होती है और आत्मा की भी भूख होती है। मन औ...
- उस छोकरी ने कहा कि क्या सेवा करने का मौका हमें भी मिलेगा?...? उसने कहा कि हाँ, तुम भी चल सकती हो। उसने देखा कि फूस की झोंपड़ी में पड़ा हुआ एक सैनिक कैसे दिन-रात द...
- उस छोकरी ने कहा कि क्या हमें भी सेवा करने का मौका मिलेगा?...? कागावा ने कहा—हाँ, तुम भी चल सकती हो। उसने देखा कि जापान के कागावा की झोपड़ी में कुछ भी नहीं था। सार...
- उस छोकरी ने कहा कि तुमको दीन-दुखियों की सेवा में क्या मजा आता है?...? कागावा ने कहा कि इस मजे को और इस आनन्द को चख लेना हर आदमी का काम नहीं है। क्यों? क्योंकि हर आदमी इंद्...
- उस जमाने में अठारह रुपये तोले सोना बिकता था और अब?...? हिसाब लगा लीजिए। गल्ला क्या भाव बिकता है। डेढ़ सौ रुपये क्विंटल बिकता है और उस भाव सोना बिकता है। सब ...
- उस जमाने में दर्जा चार तक प्राइमरी होते थे?...? अब तो पाँचवीं तक होते हैं। वहीं तक हम पढ़े, इसके बाद फिर कभी मौका नहीं मिला। जेल में लोहे के तसले के ...
- उस जमाने में पण्डित लोग भी कहीं-कहीं ऐसे उदाहरण दे दिया करते थे कि जब भगवान श्रीकृष्ण के सोलह हजार छह सौ आठ पत्नियाँ हो सकती हैं तो आप क्यों नहीं रख सकते?...? आप कम से कम सोलह सौ तो रख ही सकते हैं। ऐसी विडम्बना मध्यकाल में पण्डों-पुरोहितों ने फैलाकर नारी समाज...
- उस ज्ञानयोग की एक किरण जब आपके भीतर आएगी, तो आपको स्वयं के बारे में विचार करना पड़ेगा कि इनसानी जिन्दगी जो हमारे लिए सबसे बेहतरीन उपहार था, सबसे नायाब मौका था, इसका हम अच्छा उपयोग कर सकते थे क्या?...? आप विचार करेंगे तो आपको हजार रास्ते मिलेंगे। अगर आप विचार नहीं करेंगे, तो सब रास्ते बन्द मिलेंगे। ...
- उस डाकिन, हत्यारिन के पास तुम क्यों गए थे?...? कौन हत्यारिन? वह जो मनोकामनाएँ पूरी करे। जो आदमी को हजम करने के माद्दे के बिना दौलत देती है। वह डाकि...
- उस तरंग का नाम क्या है?...? उसका नाम हमारा गुरु है, जो प्रकाश के रूप में वसन्त के दिन हमारे पास आये और हमें निहाल कर गये। कोई गुर...
- उस दशा में दहेज न लेने या देने के पक्ष में कोई तर्क भी नहीं प्रस्तुत किया जा सकता, क्योंकि जब लड़के की कीमत वसूल कर ली गई, तो बाद में उसी आधार पर अपना घर खाली करा लिये जाने पर पश्चाताप किस बात का?...? अपराधी दुष्प्रवृत्तियाँ, नशेबाजी, व्यभिचार आदि तात्कालिक मौज-मजे की दृष्टि से आकर्षक एवं लाभदायक द...
- उस दाद और खाज का क्या नाम है?...? इसका नाम है—तृष्णा। तृष्णा उस चीज का नाम है, जो मनुष्य की आवश्यकता भर की चीजें होने पर भी शान्त न...
- उस दिन आपको इशारा किया था?...? मैं चाहता हूँ कि आपको गम्भीर होना चाहिए। आप जो पैदावार करना चाहते हैं, वह बेहतरीन पैदावार करना चाहते ...
- उस दिन आपको जो सन्तोष मिलेगा, वह कितना शानदार हो सकता है, इसे हम कैसे बता सकते हैं?...? जबकि आप वस्तुओं के माध्यम से यह ख्याल लगाये बैठे हैं कि वस्तुएँ अगर हमको मिल जायेंगी, तो हमारा काम...
- उस दिन हम आपको शिक्षण दे रहे थे कि हमने आपको स्नान क्यों कराया?...? पीला कपड़ा क्यों पहनाया? क्यों महाराज जी! अगर हम पीला कपड़ा पहन लें तो क्या वैकुण्ठ को चले जाएँगे? न...
- उस दिन हम आपको शिक्षण दे रहे थे कि हमने आपको स्नान क्यों कराया?...? पीला कपड़ा क्यों पहनाया? क्यों महाराज जी! अगर हम पीला कपड़ा पहन लें तो क्या बैकुंठ को चले जाएँगे? नहीं...
- उस दिन, जिस दिन आपको यह व्रत रखना हो, उस दिन आपको ब्रह्मचर्य का पालन करना चाहिए; धर्मपत्नी आपकी है, तो भी करनी चाहिए और धर्मपत्नी नहीं है तो भी करनी चाहिए; धर्मपत्नी नहीं है, तो कैसे करें?...? वास्तव में ब्रह्मचर्य जो खण्डित होता है, आदमी की कल्पनाओं से होता है। शरीर की कोई बात नहीं है। शरीर ...
- उस दिशा में कुछ ठोस प्रयत्न करने का प्रयास ही कैसे चले?...? जब उमंगें ही मर गईं तो फिर अग्रगमन का अवसर छप्पर फाड़कर आकाश से आँगन में क्यों कर आ धमके?संसार में प...
- उस दीपक को हमने कितना घी पिलाया है?...? बेटे! हम कुछ कह नहीं सकते। एक-एक साल में पाँच-पाँच मन घी पिलाया हो तो लगभग ढाई सौ मन घी पीकर वह इतना...
- उस नीरस जिन्दगी में फिर कहाँ जाते हैं?...? बेटे! कहीं शराबखानों में चले जाते हैं; कहीं क्लबों में चले जाते हैं; कहीं कैबरे हाउस में चले जाते है...
- उस नीरस जिन्दगी में फिर कहाँ जाते हैं?...? बेटे! कहीं शराबखानों में चले जाते हैं; कहीं क्लबों में चले जाते हैं; कहीं कैबरे हाउस में चले जाते है...
- उस नेवले से लोगों ने पूछा कि तू तो काला था, सुनहरा कैसे हो गया?...? उसने कहा—एक स्थान पर यज्ञ हुआ है। वहाँ मैं गया था और लोट लगाई तो मेरे बाल सुनहरे हो गये।मित्रो, यज्ञ...
- उस पर क्या लिखेंगे?...? यह लिखेंगे कि ‘‘यहाँ पर नकली दूध मिलता है। यहाँ इस दुकान पर जो मलाई डाली जाती है, वह ब्लाटिंग पेपर ह...
- उस पर बैठा लाएँ तो आ जाएँगी?...? नहीं बेटे, उस पर नहीं आएँगी। तो महाराज जी, हमारे पास घोड़ा है, घोड़े पर ले आएँ? नहीं बेटे, घोड़े पर भी ...
- उस पर बैठा लाएँ तो आ जाएगी?...? नहीं बेटे, उस पर नहीं आएगी। तो महाराज जी, हमारे पास घोड़ा है, घोड़े पर ले आएँ? नहीं बेटे, घोड़े पर भ...
- उस पर भी अर्जुन नहीं उठे तो भगवान श्रीकृष्ण ने उन्हें नपुंसक तक कह डाला और बोले—अगर तुम्हें श्रेय नहीं लेना तो दूसरे ले लेंगे, परन्तु तू मुझे यह बता कि युद्ध में श्रेय लेने में तुझे क्या आपत्ति है?...? मित्रो! ऐसे अवसर कभी-कभी ही आते हैं, जब लोगों को श्रेय मिलता है। पिछले दिनों आजादी की लड़ाई के बाद जो...
- उस परम सत्ता को हम कैसे भुला सकते हैं?...? उस सन्त को मैं क्या, आप में से कोई भी भुला नहीं सकता। आपको यह काम हाथ में लेना चाहिए जो भगवान बुद्ध ...
- उस परिस्थिति में मित्रो कौन बरसायेगा मौत?...? किसी के लिये आप बतलाएँ न। मित्रो, इसे ही कहते हैं त्याग, सद्भावना, यज्ञ। यह त्याग ही दुनिया का कायाक...
- उस पागल ने नारद जी को यह उदाहरण देते हुए पूछा—क्यों पिप्पलाद ऋषि ऐसे ही अपना काम चलाते थे कि नहीं?...? नारद जी ने कहा—हाँ चलाते थे। पिप्पलादि ऋषि को मिठाइयाँ नहीं मिल सकती थीं क्या? उन्होंने कहा—मिल सकती...
- उस पानी से कौन लाभ उठा पाता है?...? आप ये बताइए। हर कोई फायदा उठा लेता है? न। हर कोई फायदा नहीं उठा सकता। हर जगह हरियाली बादलों से हो जा...
- उस पीतल के बिल्ले पर क्या लिखा रहता है?...? ‘यू.पी.पी.’ लिखा रहता है। पहले अँग्रेजी में लिखा रहता था और अब हिन्दी में लिखा रहता है—उत्तर प्रदेश ...
- उस प्रदेश को ऋषि निवास का देवात्मा भी मानते रहे हैं, पर इससे पहले यह विदित न था कि किस ऋषि का किस भूमि से लगाव है?...? यह आज पहली बार देखा और अन्तिम बार भी। वापस छोड़ते समय मार्गदर्शक ने कह दिया कि इनके साथ अपनी ओर से सम...
- उस बात को तो मैं नहीं बता रही हूँ, पर उनसे मैंने आधा घण्टे कहा कि आपको आगे आने वाले समय में क्या करना पड़ेगा?...? अभी कोई मेरा इण्टरव्यू लेने आए और उन्होंने कहा—माताजी ! आप गुजराती में बोल दीजिए, मैंने कहा—देखो मैं...
- उस बेचारे का कल क्या होने वाला है?...? बिना पढ़ा रह जाएगा, हर साल फेल होता रहेगा, बच्चों में बेवकूफ और बुद्धू समझा जाता रहेगा। सारे घरवाले उ...
- उस भगवान का अर्चन, वंदन कैसे किया जाएगा?...? इसके बारे में गोस्वामी तुलसीदास जी ने एक छोटी-सी चौपाई में अध्यात्म का सारे-का रहस्य खोलकर रख दिया ह...
- उस भगवान के साथ मोहब्बत किस तरीके से की जाएगी?...? उस भगवान का अर्चन, वंदन कैसे किया जाएगा? इसके बारे में गोस्वामी तुलसीदास जी ने एक छोटी-सी चौपाई में ...
- उस मरीज को यह दवा कारगर होगी?...? नहीं, यह कारगर नहीं हो सकती, क्योंकि यह कहना मानता नहीं है। इसको चैन नहीं पड़ता, इसलिए हमने इसको दूसर...
- उस महिला को देखकर उन्होंने पूछा-क्यों आई है?...? बेचारी क्या कहती? कहने लायक बात हो तो बताए। देवताओं का उद्देश्य बता करके बेचारी अपने ढंग से कहने लगी...
- उस योजना के क्रियान्वित होने की विधि-व्यवस्था किस प्रकार बन पड़ेगी?...? ऐसे अनेकों असमंजस भरे प्रश्न इन दिनों असंख्यों के मन में उठ रहे होंगे। उठने स्वाभाविक भी हैं, क्योंक...
- उस विद्यालय में क्या होगा?...? वह प्रचारक विद्यालय होगा। वह संगीत भी सिखायेगा और व्याख्यान देना भी सिखायेगा, यज्ञ करना भी सिखायेगा।...
- उस व्यक्ति ने प्रश्न किया-महाराज दीपक के नीचे अँधेरा और चन्द्रमा के कालिख क्यों है?...? सन्त ने हँसकर कहा-वत्स अँधेरा पक्ष तो दुनियाँ की हर वस्तु में है क्या ही अच्छा होता यदि तुम दीपक और च...
- उस व्यक्ति ने यह सब देखकर कहा कि आप यह क्या कर रहे हैं?...? आप भगवान के बारे में क्या जानते हैं और आप हमें क्या बता सकते हैं? आप तो पागलों की भाँति कर रहे हैं। ...
- उस व्यक्ति ने यह सब देखकर कहा कि आप यह क्या कर रहे हैं?...? आप भगवान के बारे क्या जानते हैं और आप हमें क्या बता सकते हैं? आप तो पागलों की भाँति कर रहे हैं। आपने...
- उस व्यक्ति ने विचार किया कि जिस महिला ने मेरी जिन्दगी में चार साल आनन्द और उल्लास के साथ व्यतीत किए, उसका एहसान मुझे किस तरीके से चुकाना चाहिए?...? यह महान व्यक्तियों के सोचने का ढंग है। हमारे-आपके जैसा होता तो बिना बोले चला जाता और पिंड बनाकर उसकी...
- उस सज्जन ने कहा कि विवाह तो हम कर लेंगे, परन्तु आप हमें देंगी क्या?...? क्या कमाएँगी हमारे लिए? महिला ने कहा, इस कंजूस के साथ कोई शादी नहीं करेगा। उस व्यक्ति के बारे मे...
- उस सन्दर्भ में हाथ सिकोड़ा जाए, तो उत्पन्न होते जाने वाले मनुष्य समुदाय की व्यवस्थाएँ कैसे बनें?...? मनुष्यों की अभिवृद्धि अनायास ही रुकती भी तो नहीं। इन दिनों एक नया व्यवसाय जन्मा है—युद्ध। बीसवीं सदी...
- उस सफलता को क्या कहा जाये?...? जो विभूतियों के रूप में जब किसी पर विषम ज्वर की तरह चढ़ दौड़ती हैं, तो उसे एक प्रकार का उन्मादी बनाए...
- उस समय आप कहते थे?...? तहसीलदार ने कहा-जहाँ बुद्धि बँट रही थी वहाँ? कलेक्टर इस उत्तर से बहुत लज्जित हो गया। (२) एक सन्त के प...
- उस समय उसने लाउडस्पीकर पर ईश्वर का धन्यवाद दिया और भीड़ से पूछा, ‘‘क्या आपने मुझे तार पर चलकर प्रपात पार करते देखा?...? ’’ भीड़ ने उत्तर दिया ‘‘हाँ।’’
उसने दूसरा प्रश्न किया,‘‘क्या मैं फिर इस पार से उस पार तक इसी प्रकार ...
- उस समय ऐसा लग रहा था कि पता नहीं आज क्या हो जाएगा सारी ताला नगरी के लोग खतम हो जाएगे क्या?...? परन्तु देखिए गुरुजी की कृपा कितना बड़ा संघर्ष होते हुए भी गुरुजी ने हम लोगों में से किसी की भी मौत नही...
- उस समय क्या हुआ?...? राजा परीक्षित कहीं से आश्रम में आए। शमीक ऋषि तप में, ध्यान में बैठे हुए थे। राजा परीक्षित ने सोचा कि...
- उस समय छोटे-छोटे आदमी ग्वाल-बाल कह सकते थे कि हमें क्यों गोवर्धन उठाएँगे?...? क्यों जोखिम उठाएँगे? परन्तु अवतार कहता था कि आपको करना चाहिए। उन छोटे-छोटे लोगों में उमंगें थी। उन्ह...
- उस समुद्र को कौन पार करेगा?...? रावण कितना जबरदस्त है? राक्षस कितने जबरदस्त हैं? इनसे लोहा कौन लेगा? संस्कृति की सीता को वापस लाने क...
- उस समुद्र को कौन पार करेगा?...? रावण कितना जबरदस्त है? राक्षस कितने जबरदस्त हैं? इनसे लोहा कौन लेगा? संस्कृति की सीता को वापस लाने क...
- उस सामर्थ्य को प्राप्त करने के लिए क्या करना पड़ेगा?...? कैसे करना पड़ेगा? इसी विधि का नाम अध्यात्म है।
अध्यात्म की शुरुआत यहाँ से
अध्यात्म क...
- उस स्थिति में पुरुष पागल नहीं होगा तो क्या दार्शनिक बनेगा?...? आज की सामाजिक परिस्थितियाँ कुछ ऐसी ही हैं। यह कुल्हाड़ी किसी देवी-देवता या भगवान ने नहीं, पुरुष ने स...
- उस स्वाध्याय का परिणाम क्या हुआ?...? उसका परिणाम यह हुआ कि हमने दस लाख पन्ने पढ़ लिए, आप कागज पेंसिल लेकर हिसाब लगा लीजिए। हमने उपयोगी वि...
- उस स्वाध्याय का परिणाम क्या हुआ?...? उसका परिणाम यह हुआ कि हमने दस लाख पन्ने पढ़ लिए आप कागज पेन्सिल लेकर हिसाब लगा लीजिए। हमने उपयोगी विष...
- उसका अनुग्रह प्राप्त कर सकते हैं?...? ऐसा मत कीजिए। साथ ही आप यह विचार मत कीजिए कि जीभ की नोक से कुछ मीठी बातें, कुछ चापलूसी की बातें और स...
- उसका अर्थ क्या हुआ, परिणाम क्या हुआ?...? तपस्या का परिणाम हुआ—वह अनेक गुना श्रद्धा के रूप में उनको मिलता हुआ चला गया और इतनी अपार सम्पदा उनको...
- उसका अर्थ क्या हुआ, परिणाम क्या हुआ?...? तपस्या का परिणाम हुआ—वह अनेक गुना श्रद्धा के रूप में उनको मिलता हुआ चला गया और इतनी अपार सम्पदा उनको...
- उसका आदर्श क्या है?...? उसकी भावनाएँ क्या हैं? ब्राह्मण एक ही हो सकता है, वह हो सकता है—जिसके अन्दर करुणा, दया, सम्वेदना, ज्...
- उसका आदर्श क्या है?...? उसकी भावनाएँ क्या हैं? ब्राह्मण एक ही हो सकता है, वह हो सकता है, जिसके अन्दर करुणा, दया, सम्वेदना, ज...
- उसका आधार, तन्त्र का आधार क्या है?...? मनुष्य के शरीर की इलेक्ट्रिसिटी को पैदा करना, इलेक्ट्रिसिटी का इस्तेमाल करना, इलेक्ट्रिसिटी से हमला ...
- उसका और अनुसन्धान करके लोगों को यह बताकर रहूँगा कि ऋषियों की बातें, शास्त्रों की बातें सही हैं क्या?...? स्तुता मया वरदा.............. कामधेनु, पारस, कल्पवृक्ष आदि जो लाभ गायत्री उपासना के बताए गए हैं, उसक...
- उसका क्या उपाय करूँ?...? ’’ तब गुरुजी ने बताया कि घर की पीछे वाली दीवाल में अमुक जगह पर तांत्रिक ने एक कील ठोंकी है। उसे निका...
- उसका क्या धंधा है?...? उसकी बिरादरी कौन सी है? वह जाति का बनिया है। अरे भगवान जी! आप अपना पेशा लिखाइए, खानापूरी कीजिए। अरे ...
- उसका क्या नाम था?...? उसका नाम था—सन्त आम्रपाली। सन्त आम्रपाली सारी की सारी दुनिया में ज्ञान और विज्ञान की वर्षा करती हुई न ...
- उसका क्या नाम है?...? उसका नाम है—वेदान्त। वेदान्त क्या है? वेदान्त में भी उस भगवान् के धुर्रे उधेड़ दिये हैं। कौन सा वाला?...
- उसका क्या परिणाम हुआ?...? चलिए, आज मैं आपको बताने आई हूँ कि तपश्चर्या से उनको क्या-क्या मिला?
देखिए, आज मैं आपसे निवेदन करने...
- उसका क्या बना दिया?...? ये कान का बुंदा बना दिया। ये अँगूठी बना दी, मीना लगी हुई। अरे साहब बहुत सुंदर बन गया है यह। क्या यह ...
- उसका क्या बना दिया?...? ये कान का बुन्दा बना दिया। ये अँगूठी बना दी। मीना लगी हुई। अरे, साहब बहुत सुन्दर बन गया है यह। क्या ...
- उसका क्या शानदार परिणाम हुआ?...? ऐसा शानदार परिणाम हुआ कि महर्षि दधीचि धन्य हो गये। राजा इन्द्र धन्य हो गये और वृत्तासुर जैसी मुसीबत ...
- उसका क्या हुआ?...? तीन हजार की मूर्ति तो मिली नहीं? मिलती भी कैसे, मूर्तिकला का जो अभ्यास है, वह अलग है।
मित्रो!...
- उसका क्या हुआ?...? मित्रो! गिरिधर गोपाल से क्या मतलब है आपका? गिरिधर गोपाल से आपका मतलब अगर पत्थर से था, तो वह पत्थर रा...
- उसका क्या हुआ?...? तीन हजार की मूर्ति तो मिली नहीं? मिलती भी कैसे, मूर्तिकला का जो अभ्यास है, वह अलग है।मित्रो! यह क्या...
- उसका ग्रामर क्या होता है?...? और बताइये इसका प्रोनाउन्सिएशन क्या होता है? अरे! चुप रह! सिर मत खाना! छब्बीस अक्षर याद कर। नहीं कुछ ...
- उसका जीवन में उपयोग किस परिस्थिति में हम किस तरह करें?...? यह जानकारी देने के लिए ऋषियों ने २४ अवतारों की रचना की तथा २४ पुराणों का निर्माण किया। भगवान दत्तात्...
- उसका जीवन में उपयोग किस परिस्थिति में हम किस तरह करें?...? यह जानकारी देने के लिये ऋषियों ने 24 अवतारों की रचना की तथा 24 पुराणों का निर्माण किया। भगवान् दत्ता...
- उसका ड्रेस बनाकर, फैशन बढ़ाकर क्या करेंगे?...? उसे हिप्पी बनाएँगे, सिनेमा की ऐक्ट्रेस बनाएँगे, क्या करेंगे उसका? बेदिमाग, बेहूदापन के आगे आप अपने क...
- उसका नतीजा क्या निकलेगा?...? उसका नतीजा यह निकलेगा कि आपके अन्तरंग में गणेश का जन्म होगा। गणेश कौन होता है? ऋद्धियों-सिद्धियों का ...
- उसका नाम क्या है?...? परशुराम। अरे भाई! तुम कौन हो? भगवान। अरे बाबा! यह कया ऊधम मचाते हो? भगवान का धनुष भगवान ने तोड़ा और...
- उसका परिणाम क्या हुआ?...? उसकी नसीहत क्या मिली? उन लोगों का क्या हुआ? देख लीजिए हजार वर्ष भी नहीं होने पाये कि किस तरह से उन...
- उसका परिणाम क्या हुआ था?...? उसका परिणाम आपको नहीं मालूम। परिणाम मालूम होना चाहिए। यहाँ के आदमी मालदार थे। कौन कहता है कि मालदार ...
- उसका परिणाम क्या हुआ है?...? लोग ये कहते फिरते हैं कि गुरु जी तो जीवन्त एन्साइक्लोपीडिया हैं। चलते-फिरते एन्साइक्लोपीडिया हैं।
...
- उसका परिणाम क्या हुआ है?...? लोग ये कहते फिरते हैं कि गुरु जी तो जीवन्त एन्साइक्लोपीडिया हैं। चलते-फिरते एन्साइक्लोपीडिया हैं। निय...
- उसका परिणाम क्या हुआ?...? उसका परिणाम यह है कि उनकी शक्तियाँ, उनकी सामर्थ्य, उनका तप, उनकी क्षमता हमारे पास असंख्य मात्रा में ...
- उसका परिणाम क्या हुआ?...? परिणाम यह हुआ कि जिसको हमने दिया, उस गुरु को हम भगवान कहते हैं। हमने हमेशा एक ही विचार किया है क...
- उसका परिणाम क्या हुआ?...? मैं श्रद्धा की बात, समर्पण की बात बताती हूँ। अपने को समर्पित किया, तो रामकृष्ण परमहंस की सारी-की-सार...
- उसका परिणाम क्या होगा?...? जिन लोगों के लिये आप करना चाहते हैं वो आपके साथ-साथ चलेंगे और चमकेंगे। सूरज के साथ में नवग्रह और बत्...
- उसका परिणाम क्या होगा?...? जिन लोगों के लिए आप करना चाहते हैं वे आपके साथ-साथ चमकेंगे और चलेंगे। सूर्य के साथ में नौ ग्रह और बत...
- उसका परिणाम क्या होगा?...? आपका विश्वास हो जाएगा और विश्वास होने के बाद में आपको सहयोग मिलेगा। बाटा का कभी एक दिन मैं किस्सा सु...
- उसका परिणाम क्या होगा?...? जिन लोगों के लिए आप करना चाहते हैं, वे आपके साथ-साथ चमकेंगे और चलेंगे। सूरज के साथ में नौ ग्रह और बत...
- उसका परित्याग करके मात्र उदरपूर्ति तक ही सीमाबद्ध रहा जाय तो जड़ चेतन में क्या अन्तर रहा?...? वृक्ष वनस्पति भी निर्वाह साधन उपलब्ध कर लेते हैं। कृमि कीटकों को भी उसकी कमी नहीं पड़ती। फिर आत्मा की...
- उसका पूरक दूसरा प्रश्न भी कर देखिये— तो क्या आप उसके लिये प्रयत्न नहीं करते?...? नब्बे प्रतिशत से अधिक उत्तर यही मिलेगा— ‘‘कि प्रयत्न तो अधिक करते हैं किन्तु प्रसन्नता मिल ही नहीं प...
- उसका प्रचलन किन कारणों को लेकर चल पड़ा?...? इन प्रश्नों का कोई विवेक सम्मत उत्तर नहीं मिलता। प्राचीन भारत की महान परम्पराओं का पर्यवेक्षण करने प...
- उसका प्रयोग क्या है?...? उसके सिद्धान्त बताने के साथ यह भी बतलाने का प्रयास करेंगे कि यहाँ पर जो क्रियाएँ हमने सिखाई हैं, उसमे...
- उसका बच्चा फिर उसको मिल गया होता?...? नहीं, एक भी चीज वापस नहीं मिलती, ऐसे ही लुका-छिपा बैठा रहता। आप ऐसा कीजिए, आप यहाँ कल्प-साधना शिविर ...
- उसका मंत्र क्या होता है?...? ब्रह्म क्या होता है? जीव क्या होता है? नहीं साहब! हम दिमाग का शिक्षण करेंगे। मित्रो! यह दिमाग की ...
- उसका रक्त, माँस, हड्डी आदि जो कुछ है वह स्पष्टत: माता के पास जो शरीर-सम्पत्ति थी, उसी का एक टुकड़ा अलग से टूट कर खड़ा हो गया है, जो दूध बच्चा पीता है, वह माता के रस-रक्त के अतिरिक्त और क्या है?...? उसे बच्चा पीता रहेगा तो माता के शरीर में उसकी कमी पड़ेगी ही। जो रक्त-माँस लड़कियों के अपने स्वास्थ्य...
- उसका रहन-सहन क्या होता है?...? उसको कैसे सुधारा जाय? वहाँ पढ़ाई का मूल उद्देश्य यही था। और जो मामूली ज्ञान है, उसको तो लोग वैसे ही प...
- उसका लक्षण, स्वरूप, स्वभाव और लक्ष्य क्या है?...? इस प्रश्न पर विज्ञान अपने बचपन में विरोधी था, वह कहता था जड़ तत्त्वों के, अमुक रसायनों के एक विशेष सं...
- उसका वाहन हँस क्या हो सकता है?...? उसका सार और आधार समझाने की हमने भी कोशिश की है कि गायत्री उपासना से आपकी आँखों के अन्दर दिव्यता, पवित...
- उसका विवरण तो वे स्वयं ही बता सकते हैं, पर उपर्युक्त साधनाओं को निश्चित रूप से विश्वासपूर्वक नवधा भक्ति के स्थान पर प्रतिपादित किया जा सकता है और देखा जा सकता है कि उसके सहारे प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष दोनों ही क्षेत्रों में गरिमामय उपलब्धियों को सहज-सरलतापूर्वक हस्तगत कर लिया गया या नहीं?...? राजमार्ग पर चलने वाले भटकते नहीं। झाड़-झंखाड़ों में वे उलझते हैं, जिन्हें छलांग लगाकर तुर्त-फुर्त बि...
- उसका शमन कैसे हो?...? इसका एक ही उपाय भगवान कृष्ण ने बताया कि इसके लिए यज्ञ करना चाहिए। राजसूय यज्ञ उसी समय हुआ था और उसका...
- उसका समाधान क्या है और हम लोग उसके लिए क्या काम करेंगे?...? बड़े-बड़े महत्त्वपूर्ण फैसले हुआ करते थे। लोग इन अवसरों पर मिलते थे और बड़ा भारी काम किया करते थे। ये व...
- उसका सहयोग कर सकते हैं?...? आप अपनी पत्नी का दिल जीत सकते हैं क्या? अगर ऐसा बना सकते हैं, तो मैं खुशी से आपको शादी का आशीर्वाद द...
- उसका सारी-की-सारी हिन्दुस्तान की चौदह भाषाओं में प्रकाशन किया जा सके, तो क्या आप समझते हैं कि हम हिन्दुस्तान में नई फिजा पैदा नहीं कर सकते?...? नई दिशाएँ पैदा नहीं कर सकते? मुट्ठी भर निकलने वाली अखण्ड ज्योति क्या गजब ढा रही है, आप देख नहीं रहे ...
- उसका साहस करने से पूर्व सौ बार विचार करना चाहिए कि प्रस्तुत उत्तरदायित्वों को पूरा करने के उपरान्त क्या उनके पास इतनी क्षमता बचती है कि नये मेहमान को बुलाया जाय?...? सोचना चाहिए कि माँ के शरीर में नये शरीर को जन्म देने योग्य प्रसव वेदना सहन करने योग्य क्षमता है या न...
- उसका सोचने का तरीका कितना उत्कृष्ट हो सकता है कि मैं उससे क्या कहूँ?...? आदमी का प्रभाव इतना ज्यादा हो सकता है और आदमी के अन्तरंग में इतनी शान्ति हो सकती है कि उस शान्ति को ...
- उसका स्वरूप क्या हो सकता है?...? बताइये? बेटे हम बताते हैं कि स्वरूप क्या हो सकता है? गायत्री एक महिला है।...
- उसका स्वागत-अर्चन करने की आवश्यकता की पूर्ति के लिए, क्या असंख्यों भावनाशील पंक्तिबद्ध होकर विशाल सेना की तरह खड़े मिलेंगे?...? क्या वे इतने स्वल्प समय में जुट सकेंगे? जिन्हें महाकाल की इच्छा और योजना के सफल होने का विश्वास है, ...
- उसका ‘म्यूजिक’ क्या हो सकता है?...? सामवेद में यही सब कुछ है। सामवेद में अपना कोई मंत्र नहीं है। तीनों वेदों का समन्वय है। त्रिपदा स...
- उसकी अगणित विरोधी मान्यताओं में से कौन वास्तविक है और कौन अवास्तविक?...? इस सन्दर्भ में कम से कम एक ग्रंथ तो ऐसा होना चाहिए जो भारतीय धर्म की महान परम्पराओं को शास्त्र प्रमाण ...
- उसकी अपनी मर्जी कहाँ?...? बन्दी को मालिकों की मर्जी पर ही चलना पड़ता है। उसे अपने स्वास्थ्य की बात सोचने का अधिकार ही किसने दि...
- उसकी अपनी मर्जी कहाँ?...? बन्दी को मालिकों की मर्जी पर ही चलना पड़ता है। उसे अपने स्वास्थ्य की बात सोचने का अधिकार ही किसने दि...
- उसकी अपनी मर्जी कहाँ?...? बन्दी को मालिकों की मर्जी पर ही चलना पड़ता है। उसे अपने स्वास्थ्य की बात सोचने का अधिकार ही किसने दिय...
- उसकी आकांक्षा क्या है?...? उद्देश्य क्या है? अगर आप इस तरीके से कर पाए, तो आप धन्य हाे जाएँगे। मैं धन्य हो जाऊँगा। अगर आप समय क...
- उसकी आज क्या स्थिति है?...? आज बेटे, वह विश्वविद्यालय है। किस बात का विश्वविद्यालय है? अपंगों के कार्यकर्ताओं को शिक्षण देने का,...
- उसकी एनोटॉमी, फिजिओलॉजी सीखने से क्या फायदा?...? भाईसाहब, पहले उसकी एनोटॉमी, फिजिओलॉजी सीखिए। नहीं साहब, ये तो बेकार का टाइम हम नहीं गवाएँगे। आप तो आ...
- उसकी कितनी जबरदस्त क्षमताएँ हैं?...? दिमाग की क्षमताओं से कैसे लाभ उठाया जा सकता है? तो निम्न पुस्तकें पढ़ें—
1. मस्तिष्क प्रत्यक्ष कल्प...
- उसकी कैसी मिट्टी पलीद हुई?...? मंथरा की कैसी मिट्टी पलीद हुई? आपने पढ़ा होगा। इसी तरह तपस्वी कुंभकरण ब्रह्माजी से यह वरदान माँगन...
- उसकी कोई उपयोगिता नहीं है?...? अपने आपको ही हमारे ऊपर हावी रखेंगे? हमारी मनोकामना पूरी कर दीजिए। ऐसे कौन आपकी मनोकामना पूरी कर देगा...
- उसकी गतिविधियाँ, योजनाएँ, आकाँक्षाएँ, विचारणाएँ एक ही केन्द्र के इर्द-गिर्द घूमती रहती थी कि वह अपनी आत्मीयता एवं ममता को अधिकाधिक व्यापक कैसे बनाये?...? सच्चा ईश्वरभक्त, सच्चा अध्यात्मवादी, सच्चा मनुष्य कैसे कहलाये? और उस जीवन लक्ष्य को प्राप्त करने क...
- उसकी गतिविधियाँ, योजनाएँ, आकांक्षाएँ, विचारणाएँ एक ही केन्द्र के इर्द-गिर्द घूमती रहती थीं कि वह अपनी आत्मीयता एवं ममता को अधिकाधिक व्यापक कैसे बनाए?...? सच्चा ईश्वर भक्त, सच्चा अध्यात्मवादी, सच्चा मनुष्य कैसे कहलाए? और उस जीवनलक्ष्य को प्राप्त करने लिए ...
- उसकी गतिविधियाँ, स्वरूप और क्रियाशैली क्या हो?...? ऋषि केवल भजन नहीं करते थे, वरन् उसके साथ लोकमंगल की सेवा-साधना भी किया करते थे। ब्रह्मवर्चस में भी स...
- उसकी जड़ कहाँ है और उसके मूलोच्छेदन के लिए क्या उपाय किये जाने चाहिए?...? पहला अपराध यही है कि हम अपराध और अपराधी के बीच का अन्तर समझें और विश्वास करें कि मनुष्य पत्थर का न...
- उसकी धर्मपत्नी वापस मिल गई होती?...? उसका बच्चा फिर उसको मिल गया होता? नहीं, एक भी चीज वापस नहीं मिलती, ऐसे ही लुका-छिपा बैठा रहता। आप ऐस...
- उसकी नसीहत क्या मिली?...? उन लोगों का क्या हुआ? देख लीजिए हजार वर्ष भी नहीं होने पाये कि किस तरह से उनकी मिट्टी पलीद हो गयी।...
- उसकी पृष्ठभूमि बतायें?...? ३. ईश्वर के सामने हमारी चतुरता क्यों नहीं चल सकती? ४. आस्तिकता को ही धर्म का प्रथम आधार क्यों माना ग...
- उसकी फिलॉसफी क्या है?...? भगवान शंकर का रूप गोल बना हुआ है। गोल क्या है—ग्लोब। यह सारा विश्व ही तो भगवान् है। अगर विश्व को इस ...
- उसकी बराबरी और किसी से क्या करना?...? बेटे मैं तुमसे गुरु गोविन्द सिंह की तरीके से कहता हूँ कि सिद्धान्त जिन्दा रहने चाहिए, आप लोग नुकसान ...
- उसकी बात पर कोई क्यों और किस आधार पर, कितना विश्वास करे?...? उपाय एक ही शेष रह जाता है कि ऐसी प्रतिभाएँ नये सिरे से उभरें, जो अपना निज का आदर्श प्रस्तुत करते हुए...
- उसकी बिरादरी कौन सी है?...? वह जाति का बनिया है। अरे भगवान जी! आप अपना पेशा लिखाइए, खानापूरी कीजिए। अरे भाई! मेरा तो सहज व्यापार...
- उसकी बीबी नाखुश होती है, औलाद नाखुश होती है, तो हम क्या कर सकते हैं?...? मित्रो ! जिस तरीके हम अपने घर में आग लगाकर आए हैं, दूसरों के घर भी उसी तरीके से जलें, तो हमें कोई ऐत...
- उसकी बीबी बिक गयी सो?...? राज्य बिक गया सो?
हमने छीला है, तराशा है आपको
मित्रो ! इसमें कोई हर्ज की बात नहीं है...
- उसकी भावनाएँ क्या हैं?...? ब्राह्मण एक ही हो सकता है, वह हो सकता है—जिसके अन्दर करुणा, दया, सम्वेदना, ज्ञान को बाँटने की, अज्ञा...
- उसकी भावनाएँ क्या हैं?...? ब्राह्मण एक ही हो सकता है, वह हो सकता है, जिसके अन्दर करुणा, दया, सम्वेदना, ज्ञान, ज्ञान को बाँटने क...
- उसकी महत्ता क्या है?...? इसको हम जानें, उसमें सन्निहित शक्तियों को पहचानें और विकसित करने का प्रयास करें। जीवात्मा के लाभ...
- उसकी मालकिन कड़क स्वभाव की थी, ‘‘क्या करोगी?...? क्या जरूरत आ पड़ी?’’ उसने पूछा।
कार्लविन का मन हुआ कह दे कि ‘‘हेट डार्प’’ के लिए भेजूँगी, पर तभी मन म...
- उसकी राय को कितना महत्त्व देते हैं?...? उसके सुख-दुख और सुविधा-असुविधा का कितना ख्याल रखते हैं? तो मिलने वाले उत्तर, बरते गए दृष्टिकोण को और...
- उसकी रीति-नीति क्या हो?...? दिशाधारा क्या रहे, इसका सूत्र संकेत अन्यत्र कहीं ढूँढ़ना न पड़ेगा। दूरदर्शी तत्त्वदर्शियों ने उसे गायत...
- उसकी लम्बाई, चौड़ाई, गोलाई और मोटाई है?...? शक्ल बन जाने से वह साकार हो गया। निराकार कहाँ रहा? तो वह हँसते और कहते कि भाई! बात यह है कि ध्यान कर...
- उसकी विधि क्या है?...? और उसका उद्देश्य क्या है? चलिये मैं एक देवता जिनको मैं सबसे ज्यादा प्यार करता हूँ। क्यों करता हूँ? उ...
- उसकी विशेषता और क्या बताई जाय?...? इन्द्रियगम्य उसका प्रत्यक्ष स्वरूप इतना ही तो है। अन्य प्राणियों की तुलना में मनुष्य की प्रत्यक्ष वि...
- उसकी समझ में ही नहीं आता कि उसको करना क्या है?...? पैसों के सदुपयोग का इसका जरा भी भान नहीं है। पागलों के तरीके से जमा करता चला जाता है। मथुरा में इस...
- उसकी सामर्थ्य का सृजन प्रयोजनों में नियोजन कैसे हो?...? बढ़ती हुई सम्पदा ही सब कुछ नहीं है। राजतंत्र द्वारा समृद्धि कितनी ही क्यों न बढ़ा ली जाय, यदि भ्रष्टता...
- उसकी सारी की सारी व्यवस्था गड़बड़ा जाती है और देखने वाले कहते हैं कि यह कबूतर कैसा बेअकल है, कैसा बेवकूफ है?...? काम में मन लगाइए बेटे! मैं क्या कहता हूँ? यह कहता हूँ कि अपने सामान्य जीवन के सारे क्रिया-कलाप, चाहे...
- उसके प्रति भी कुछ फर्ज है आपका कि नहीं है?...? नहीं, साहब मैंने तो चार बेटों में बराबर बाँट दिया। ऐसा मत कीजिए। चार बेटों में बराबर मत बाँटिए। बच...
- उसके अन्दर जो भी हो तो क्या?...? लेकिन है वह राक्षस योनि में ही। यहाँ आ गया, पर उसमें कोई परिवर्तन नहीं हो रहा है। एक तो अपनी सारी जि...
- उसके आत्मसमर्पण के सिद्धान्त को आप स्वीकार नहीं करेंगे क्या?...? वह अपने माँ-बाप, भाई-बहन को छोड़कर आपके घर आई। उसने अपनी जवानी, अपनी सेहत, अपना पुरुषार्थ, जेवर, पैस...
- उसके आधार पर हम विचार करते हैं कि नये युग का आदमी कैसा होगा?...? मनुष्य में से देवता उदय होगा तो कैसा होगा? मनुष्य में से देवता उदय होने से सिर्फ एक बात होगी कि आदमी...
- उसके ऊँचे उठने, आगे बढ़ने का सुयोग कैसे बनेगा?...? मनुष्य-मनुष्य के बीच छाया हुआ छद्म, अविश्वास, असहयोग, अनाचार, चित्र-विचित्र प्रकार के उद्वेग, असन्तो...
- उसके ऊपर क्या जिम्मेदारियाँ सौंपी हैं?...? भगवान् ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं।मित्रो! भगवान् तो हृदय में, घट-घट में समाया हुआ है और वह मन...
- उसके ऊपर क्या जिम्मेदारियाँ सौंपी हैं?...? भगवान ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं?
मित्रो, ! भगवान तो हृदय में, घट-घट में समाया हुआ है ...
- उसके ऊपर क्या जिम्मेदारियाँ सौंपी हैं?...? भगवान ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं?मित्रो! भगवान तो हृदय में, घट-घट में समाया हुआ है और वह मनुष...
- उसके कलेवर के पीछे प्राण कहाँ है?...? बाहर वाला परिवर्तन वह है, जो हम आपको बता चुके हैं। अब हम उसका प्राण बताएँगे। शिक्षाएँ बताएँगे, दिशाए...
- उसके खानदान वाले मारे गए?...? हाँ गुरुदेव! लेकिन तुझे एक बात का ध्यान नहीं है कि सारे के सारे वातावरण में जो राक्षसों ने असुरता के...
- उसके गुजर जाने के बाद मैंने उन वृद्ध से कहा, ‘‘बाबाजी, यह क्या किया आपने?...? मुझे मर जाने दिया होता, क्यों बचाया?’’ उन्होंने मुझे समझाया, ‘‘बेटी! जीवन बहुत कीमती है।’’ फिर मेरी ...
- उसके घर में जब नौकरानी काम करती है, तो यहाँ किसलिए आई है?...? कामवासना की पूर्ति के लिए? नहीं, आपको नहीं मालूम, इसके लिए नहीं आई है। तो किसके लिए आई है? उसका एक ह...
- उसके जाने के बाद मन में विचार आया, यदि वह न लौटा तो क्या होगा?...? जो टिकट था वह भी गया।
फिर सोचा, अब जो होगा देखा जायेगा। थोड़ी ही देर में वह कुली आ गया और जिस सीट पर...
- उसके द्वारा जो लोगों में श्रद्धा उत्पन्न होगी, तो तू उससे अपने लिए लाभ उठाएगा?...? अच्छा, ठहर, अभी तुझे बताता हूँ। यह दृश्य देख विवेकानन्द वहीं अमेरिका में काँपने लगे। उन्होंने अपने आ...
- उसके द्वारा जो लोगों में श्रद्धा उत्पन्न होगी, तो तू उससे अपने लिए लाभ उठाएगा?...? अच्छा, ठहर, अभी तुझे बताता हूँ। यह दृश्य देख विवेकानन्द वहीं अमेरिका में काँपने लगे। उन्होंने अपने आ...
- उसके द्वारा पारिवारिक अशान्ति के विषय में तो कहा ही क्या जाए?...? एक अयोग्य सन्तान परिवार की अतीतकालिक प्रतिष्ठा ही नहीं गिरा देती, भविष्य भी खराब कर देती है। घर में ...
- उसके पश्चात् क्या हुआ?...? देखिये उसकी नीयत भगवान भी एक ही चीज देखता है और वह है नीयत। भगवान ने उस मास्टर की नीयत को देखा और उस...
- उसके पास तक पहुँचे हैं कभी?...? नहीं पहुँचे हैं। वह आपसे बहुत दूर है। जब सब चीजें आप से बहुत दूर हैं, लेकिन दूर रहते हुए भी आपकी इ...
- उसके पास सिकन्दर गया और उनसे पूछा कि बताइये, आपके लिए किसी चीज की आवश्यकता है?...? बताइये, आप तो अकेले मालूम पड़ते हैं और आप तो नंगे मालूम पड़ते हैं। आपके पास कपड़े भी नहीं हैं। आप सन्त ह...
- उसके पूरी तरह छूट जाने के उपरान्त व्यक्ति क्षुद्र कृमि-कीटकों की गई−गुजरी श्रेणी में ही गिने जाने योग्य रह जाता है, भले ही वह पदाधिकारी, पदवीधारी, सम्पन्न, कुशल एवं विभूतिवान् ही क्यों न समझा जाता हो?...? यह सुविधाएँ मात्र शारीरिक विलासिता, सज्जा अथवा इठलाने भर के काम आती हैं। अन्त:चेतना को इनकी बहुलता स...
- उसके प्रणाम करते ही गुरुजी ने उससे पूछा, ‘‘तुम किस काम से आये?...? ’’ उसने कहा, ‘‘बस गुरुजी, आपको प्रणाम करने आया था।’’ गुरुजी को उसके जवाब से सन्तुष्टि नहीं हुई। बोले,...
- उसके फलस्वरूप फिर क्या हुआ?...? बेटे, उनके यहाँ अप्सरा से एक लड़की पैदा हुई थी, तुझे मालूम नहीं है। विश्वामित्र ऋषि के पास एक मेनका ...
- उसके फलस्वरूप फिर क्या हुआ?...? बेटे, उनके यहाँ अप्सरा से एक लड़की पैदा हुई थी, तुझे मालूम नहीं है। विश्वामित्र ऋषि के पास एक मेनका न...
- उसके बाद उसके बाद उसके भी बाप के गुरु थे—दिलीप के और किसके रहे?...? बेटे, राजा दिलीप के। दिलीप के कोई सन्तान नहीं थी। वे अपने गुरु के पास गये तो उन्होंने कहा—नन्दिनी गौ ...
- उसके बाद क्या हुआ?...? मित्रो! अँगरेज भारत छोड़कर चले गए। प्यार बहुत बड़ा संबल होता है, यह आप न भूलें। प्यार से मनुष्य के...
- उसके बाद में क्या बनता है?...? उसके बाद और अधिक साफ करते-करते, और अधिक परिशोधन करते करते डायनामाइट बन जाती है। डायनामाइट किसे कहते ...
- उसके बाप ने कहा—नहीं, हम भिखारी के साथ में क्यों शादी करें?...? लैला ने सोचा—वैसे तो मैं अपनी मर्जी से भी शादी कर लूँ, पर पहले देखूँ तो सही, ऐसा न हो कि वह मुझे अपन...
- उसके बाल-बच्चे क्या खायेंगे?...? उस बेचारी का क्या होगा? वह हम सबको पकड़ लेगी और रोयेगी, तो हम सब क्या करेंगे? सभी जुलाहे बैठकर रो...
- उसके बिना तो काम नहीं चलेगा न?...? ऋषि नहीं लड़ेगा तो दूसरे तो लड़ेंगे।दशरथ जी के मन में पहले तो यह आया कि हमारे बच्चे हैं, हमारे पास रहे...
- उसके बिना भूखा क्या खाए?...? क्या बाँटे? यह पूँजी कहाँ से आई? कहाँ से जुटाई? इसके लिए मार्गदर्शक ने पहले ही दिन कहा था—जो पास में...
- उसके भविष्य को नहीं बढ़ाएँगे?...? आप ऐसा कीजिए फिर देखिए आप दानी हो जाते हैं कि नहीं। आप भिखारी रहेंगे, तो उससे काम-वासना की बात करते ...
- उसके भीतर क्या होता है?...? स्नेह होता है, प्यार होता है, चिकनाई होती है। चिकनाई को स्नेह, प्यार कहते हैं। दीपक, जो ...
- उसके मन में क्रोध कहाँ आया?...? उसके मन में ईर्ष्या कहाँ आई?मित्रो! ईसा को फाँसी पर चढ़ाया गया। उन्होंने कहा कि ये लोग नहीं जानते कि ...
- उसके मन में आया कि जिस महिला ने मेरे जीवन में चार साल इतने आनन्द और उल्लास से व्यतीत किये, उसका एहसान किस तरीके से चुकाना चाहिए?...? महान व्यक्तियों के सोचने का ढंग हमारे आपके जैसा होता, तो गया जी में जाकर के पिंडदान, तर्पण करते और क...
- उसके मन में ईर्ष्या कहाँ आई?...? मित्रो! ईसा को फाँसी पर चढ़ाया गया। उन्होंने कहा कि ये लोग नहीं जानते कि क्या कर रहे हैं? हे परमपित...
- उसके मन में सेवा की वृत्ति है वह सिवाय भगवान के और कौन हो सकता है?...? विद्यार्थियों ने कहा- तो गुरुजी! हमको आप भगवान का दर्शन करा देंगे क्या? देवता का दर्शन करा देंगे क...
- उसके माँ-बाप में ही संस्कार नहीं थे, तो उसमें संस्कार कहाँ से आते?...? वही बे-ताज का बादशाह है, उसको बनाइए। उसको बनाना आपका काम है। बच्चों को बनाना आपका काम है। जीजाबाई ने...
- उसके माता-पिता उसके पास आये और बोले-यह क्या कर रहा है?...? लड़का बोला-पिताजी आप लोग बूढ़े हो जायेंगे तब बाहर खाना देना पड़ेगा उसी के लिये लकड़ी के बर्तन बना रहा ...
- उसके मुकाबले फूस की झोपड़ियों का भला क्या मूल्य?...? किन्तु सिद्धान्तों के प्रति अडिग श्रद्धानन्द ऊँचे लक्ष्य को लेकर काम करते गए। गंगा में आई बाढ़ भी उनक...
- उसके रहते हुए चोरी करना क्या सम्भव है?...? उसने कहा—नहीं, चोरी करना सम्भव नहीं है।
इसलिए मित्रो! जब हमको भगवान का साक्षात्कार होता है, तो हम...
- उसके राजपाट को छीन लिया, बीबी-बच्चों को छीन लिया और मारकर भगा दिया, तब?...? तब हमने देखा कि बाली का तो हम कुछ बिगाड़ नहीं सकते, इसलिए हम सुग्रीव के साथ चले आए। सुग्रीव हमारा पुर...
- उसके लिए तैयार होगा क्यों?...? उसको तो किसी ने ऐसा नुस्खा बता दिया है कि तुमको समाज के लिए कोई त्याग करने की जरूरत नहीं है। अपने ...
- उसके लिए आपका मन कैसे लग सकता है?...? आपका मन नहीं लग सकता।इसलिए मित्रो! आपको अपने भीतर कशिश पैदा करनी हैं और यह कशिश मोह को त्याग करके ...
- उसके लिए कार्यक्षेत्र कहाँ हों?...? व्यक्तित्व विकास की प्रयोगशाला है परिवार
व्यक्तित्व का विकास करने के लिए स्वयं में चिन्तन ...
- उसके लिए क्या करना चाहिए?...? घास-चारा कहाँ से आये? सो वे कलेक्ट्रेट के लॉन के माली से कह देते थे कि भाई साहब! आपकी जगह घास के ऊ...
- उसके लिए क्या करना चाहिए?...? बस इसी का नाम विद्या है और अगर किसी को विद्या मिल जाय तब? तब वह धन्य हो जाता है। विद्या ही अमृत है...
- उसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? वही, जो मैंने आपसे पहले कहा और फिर कहता हुआ चला जाऊँगा कि आप अपने आप की सफाई कीजिए। अपने मन की मलीनत...
- उसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? उसके लिए दैवी संस्कृति की सभ्यता की स्थापना करनी पड़ेगी, ताकि लोगों के भीतर से उमंगें, लोगों के भीतर...
- उसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? उसके लिए दैवी संस्कृति की सभ्यता की स्थापना करनी पड़ेगी, ताकि लोगों के भीतर से उमंगें, जोश, जीवट, एक-...
- उसके लिए क्या करना होगा?...? आपको उसके साथ में जुड़ जाना होगा। जुड़ जाने को ही उपासना कहते हैं। किस तरीके से जुड़ें?मैं आपको कुछ थोड़...
- उसके लिए क्या करें?...? इस जन्म में नहीं तो अगले जन्म में भोगो इन्हें, दृढ़ता के साथ। कायर मत बनो, रोओ नहीं। रोने से बुजदिली...
- उसके लिए तब क्या करना पड़ेगा?...? हम आपसे अलग चले जाएँगे। लेकिन इसका यह मतलब नहीं समझना कि अलग चले जाने से कोई दुश्मनी होती है। माँ ...
- उसके लिए भी तैयार रहिए, मुकाबला के लिए तैयार रहिये, उस स्थिति में आप क्या करेंगे?...? ये भी कल्पना कीजिए। यानि कल्पना में कहने का अर्थ ये है, भविष्य के बारे में न केवल सुनहरा सपना देखिये...
- उसके लिए संघर्ष कीजिए और अनुशासन पालने के लिए तैयार हो जाइये, अगर आपको यह दावत स्वीकार हो, तो फिर आप तैयार हो जाइये, हिम्मत कीजिए, फिर देखिए आपका भविष्य कैसे शानदार बनता है?...? कायाकल्प से हमारा उद्देश्य समझना चाहिए और अपनी तैयारी के लिए जो मुनासिब हो, वह करने के लिए कमर कसकर ...
- उसके विचार करने का क्रम क्या है?...? काम करने की शैली क्या है? उसका रहन-सहन क्या होता है? उसको कैसे सुधारा जाय? वहाँ पढ़ाई का मूल उद्देश्य...
- उसके संकल्प एवं नियोजन में प्रतिरोध कौन खड़ा करेगा?...? महत्त्वपूर्ण कार्य भगवान् करते हैं और उसके श्रेय को शरीरधारी मुफ्त में ही प्राप्त कर लेते हैं। चेतना...
- उसके सम्पादक का नाम बताइये?...? हमें सम्पादक का नाम नहीं मालूम। क्या मतलब है? बस अख़बार पढ़ते हैं।मित्रो! इसी तरह सैकड़ों व्याख्यानद...
- उसके सम्बन्ध में स्पष्ट रूपरेखा क्यों न बने?...? हर दिन नया जन्म, हर रात नई मौत की अनुभूति यदि की जा सके तो उससे उत्कृष्ट जीवन जीने की बहुत ही सुव्यव...
- उसके सम्मान को नहीं बढ़ाएँगे?...? उसके भविष्य को नहीं बढ़ाएँगे? आप ऐसा कीजिए फिर देखिए आप दानी हो जाते हैं कि नहीं। आप भिखारी रहेंगे, त...
- उसके सहारे प्रधानतया सौरमण्डल के ग्रह उपग्रहों की यथार्थ स्थिति को जाना जाता है, ताकि उस आधार पर यह अनुमान लगाया जा सके कि इस स्थिति का भूलोक के किस समुदाय पर कब, क्यों, क्या प्रभाव पड़ेगा?...? इस प्रकार के पूर्वाभास मनुष्य की कितनी ही कठिनाइयों के निराकरण एवं सुविधा संवर्धन में काम आ सकते हैं...
- उसके साथ अगर आप अपना सम्बन्ध जोड़ लें, तब आपकी मालदारी का कोई ठिकाना न रहेगा, तब आप इतने सम्पन्न हो जाएँगे कि मैं आपसे क्या-क्या कहूँ?...? आप बापा जलाराम के तरीके से सम्पन्न हो सकते हैं, आप सुदामा के तरीके से मालदार भी हो सकते हैं, विभीषण औ...
- उसके साथ किन कर्तव्य-उत्तरदायित्वों का अनुबन्ध जुड़ा?...? और सृष्टा के दरबार में पहुँचने पर, गर्दन ऊँची उठाकर अपने क्रिया कलापों का सन्तोषजनक विवरण प्रस्तुत क...
- उसके साथ जुड़ी हुई मर्यादाओं का परिपूर्ण निर्वाह कैसे हो सकता है और वर्जनाओं से कैसे बचा जा सकता है?...? यह समझ अन्तराल की गहराई से निरन्तर उठती रही और उसका परिपालन भी स्वभाव का अंग बन जाने पर बिना किसी कठ...
- उसके साथ में किस तरीके से प्यार किया, कैसे उसका वंदन और पूजन किया जाय, कैसे उसकी अर्चना की जाय, इसके लिए आपको भावनात्मक पहलू भी जानना होगा?...? उसमें कर्मकाण्ड भी एक पहलू है।
पूजा करने की विधियाँ, कर्मकाण्ड का एक पहलू है, लेकिन भावना वाला स...
- उसके साथ में क्या चीज चाहिए?...? वह चीज चाहिए जो मैं ब्रह्मवर्चस के इस शिविर में आपको बताता हुआ चला आ रहा हूँ। उस दिन मैंने आपको पहली...
- उसके साथ-साथ में जीवन की साधना, स्वाध्याय, विचारों का परिमार्जन, संयम, अपनी जिन्दगी के छिद्रों का निराकरण और सेवा, इनको आप मिला दीजिए, फिर देखिए कि आपकी उपासना फलित होती है कि नहीं?...? आप सिद्धपुरुष बनते हैं कि नहीं? आप चमत्कृत होते हैं कि नहीं? भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के ल...
- उसके साथ-साथ में जीवन की साधना, स्वाध्याय, विचारों का परिमार्जन, संयम, अपनी जिन्दगी के छिद्रों का निराकरण और सेवा इनको आप मिला दीजिए, फिर देखिए कि आपकी उपासना फलित होती है कि नहीं?...? आप सिद्धपुरुष बनते हैं कि नहीं? आप चमत्कृत होते हैं कि नहीं? भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के ल...
- उसके सिद्धान्त बताने के साथ यह भी बतलाने का प्रयास करेंगे कि यहाँ पर जो क्रियाएँ हमने सिखाई हैं, उसमें आप कैसे सफल और पारंगत हो सकते हैं?...? इसमें आपको क्या-क्या करना होगा? यह विषय समझाना आज से हमारा उद्देश्य है। आज से हम अपनी व्याख्यान माला...
- उसके सुख-दुख और सुविधा-असुविधा का कितना ख्याल रखते हैं?...? तो मिलने वाले उत्तर, बरते गए दृष्टिकोण को और अच्छी तरह स्पष्ट करेंगे।
अधिकांश लोगों की मान्यता ह...
- उसके स्थान पर अब कुछ हरफों का उच्चारण करना आपने सीख लिया है, तो उसमें बुराई की क्या बात है?...? यह अच्छी बात है। कोई खराब बात नहीं है। लेकिन बात इतने से ही बनने वाली नहीं है। आप भगवान् जैसे वि...
- उसको आप हटा देते हैं, तो क्या हो जाता है?...? तब आप योगी हो जाते हैं। तब आप अपने आप को भगवान से, परमात्मा से जोड़ देते हैं। स्त्री और पुरुष अपने आ...
- उसको आपको दिखाएँ?...? नहीं दिखाएँगे आपको। वह तो निराकार है। गायत्री माता की मूर्ति या चित्र जो भी आपने रखा हो, उसके सामने ...
- उसको काहे में खर्च किया?...? उसको जहाँ हमारा जन्म हुआ है, उस गाँव में हमने एक हायर सेकन्डरी स्कूल बना दिया। कभी आप जायें तो देखना...
- उसको किसकी जरूरत है?...? उसे केवल एक चीज की जरूरत है जिसे प्यार कहते हैं और जिसे मोहब्बत कहते हैं और जिसे हम सफाई कहते हैं। स...
- उसको किसलिए पैदा किया गया है?...? और क्या करना चाहिए? अगर यह ज्ञान मनुष्य के भीतर से जाग्रत हो जाए, तो आदमी के काम करने के ढंग और विचा...
- उसको कैसे विश्वास आए कि आप अच्छे कार्य के लिए घूम रहे हैं या किसके लिए घूम रहे हैं?...? मेरे गुरु—मेरे भगवान
बेटे! उसे बताइए तो और उसे यह भी बताइए कि गुरुजी ने इतना बड़ा जो कार्य किया ह...
- उसको कैसे सुधारा जाय?...? वहाँ पढ़ाई का मूल उद्देश्य यही था। और जो मामूली ज्ञान है, उसको तो लोग वैसे ही पढ़ा देते थे। एक-दो घण्ट...
- उसको क्या करना पड़ेगा और क्या नहीं करना पड़ेगा?...? इस सम्बन्ध में उसको कुछ आइडिया हो जाता है, तो लड़की अपने गृहस्थ में असुविधा अनुभव नहीं करती। गुड्डे...
- उसको क्यों नहीं आगे बढ़ाया?...? क्या यही दृष्टिकोण है, आपके दाम्पत्य जीवन का? क्या यही आपकी दृष्टि है कुटुँब के, परिवार के विकास के ...
- उसको गुस्सा कहाँ आया?...? उसके मन में क्रोध कहाँ आया? उसके मन में ईर्ष्या कहाँ आई?मित्रो! ईसा को फाँसी पर चढ़ाया गया। उन्होंन...
- उसको जगाने के लिए जो तपस्याएँ की जाती हैं, साधनाएँ की जाती हैं, योगाभ्यास किए जाते हैं, वे कहाँ से आते हैं?...? वे सारे के सारे गायत्री मंत्र में सन्निहित हैं। चौबीस अक्षर के भीतर चौबीस योग हैं और प्रत्येक आठ-आठ ...
- उसको जबानी याद करने के लिए मजबूर किया जाता है, जबानी याद करने की क्या बात है?...? व्यर्थ का ऐतिहासिक शिक्षण व्यर्थ का ऐतिहासिक शिक्षण जैसे इतिहास को लीजिए। इतिहास में हमको राजाओं का ...
- उसको दबोचकर रखा जाता है, चाहे वह पढ़ी-लिखी ही क्यों न हो?...? भले से सर्विस कर रही हो। भले से कमा रही हो; लेकिन घर में गुलाम है।
नर और नारी एक समान
किसकी गुला...
- उसको बने तो करोड़ों और अरबों वर्ष हो गए, तो फिर जिसको आप यह कहते हैं कि यह जमीन मेरी है, तो फिर यह आपकी कैसे हुई?...? यह तो ब्रह्मा जी की हुई। हाँ साहब! ब्रह्मा जी की हुई। फिर लाखों-करोड़ों आदमी आपकी तरह यह कहते हुए फन...
- उसको यदि आप नहीं सुन रहे हैं, तो फिर गुरुजी के प्रति आपका क्या समर्पण है?...? उनका समर्पण है, जो दिन-रात सोते भी नहीं हैं और दो लेख लिख करके तब पानी पीते हैं। बेटे! समर्पण उनका ह...
- उसको ये तेा मालुम नहीं था कि जाने, मैंने किससे लिया था, किसका है, किसको तलाश करूँगा?...? आप ही जिसका हो, उसको पहुँचा देना, कह दिया और अपनी जिन्दगी, भगवान बुद्ध के सुपुर्द कर दी और ये कहा—मुझ...
- उसको शीतलता कौन देगा?...? बेटे, शीतलता देने की बारी जो आती है, वह आपके साहित्य की और आपकी है।...
- उसने अनीति के आगे सिर क्यों झुकाया?...? यह परिमार्जन की बेला है। दुष्टता अपनी पकड़ कब शिथिल करेगी इसकी प्रतीक्षा किए बिना दुर्बलता को अपना प...
- उसने अपनी तीसरी आँख खोली और कहा कि अपने बुढ़ापे को मैं व्यर्थ ही गँवाता रहूँगा क्या?...? अब मेरा शरीर क्या भगवान के काम में नहीं लगेगा? क्या मैं लोभ और मोह के बन्धन में ही बँधा रहूँगा? जटा...
- उसने अपने पिता से कहा-यह खुजली मुझे ही क्यों हुई है?...? इस बिल्ली को क्यों नहीं हुई?
किसान बोला-‘कल सबेरे तुम्हें यह बात बताऊँगा।’ दूसरे दिन सबेरे किसान ने...
- उसने अब तक एक से एक बढ़कर उपलब्धियाँ प्रस्तुत की हैं और अपने आविष्कारों से जादू लोक जैसी परिस्थितियाँ उत्पन्न कर दी हैं तो भविष्य के लिए उसकी जो योजनाएँ हैं, अवधारणाएँ हैं, वे क्यों पूर्ण न होंगी?...? इस आशा की एक झलक झाँकी के उपरान्त तत्काल दूसरा पक्ष समझ में आता है कि उसने भौतिक उपलब्धियों से कुछेक...
- उसने आज का जायका उठा लिया ना?...? हाँ, लेकिन आज का जायका उठाकर के उसने क्या फायदा प्राप्त किया। कल का भविष्य खराब कर लिया ना? उस बेचार...
- उसने उस पुरातन अध्यात्म को खोज निकालने के लिए अपने चिन्तन, समय, श्रम एवं पुरुषार्थ को मात्र एक केन्द्र पर केन्द्रित किया है कि यदि पुरातन काल का सतयुगी अध्यात्म सत्य है, यदि ऋषियों की उपलब्धियाँ सत्य हैं, तो उनका वास्तविक स्वरूप क्या रहा होगा और उसके प्रयोग से ऋद्धि-सिद्धि जैसे परिणामों का हस्तगत कर सकना क्यों कर सम्भव हुआ होगा?...? अनुमान था कि कहीं कोई खोट घुस पड़ने पर ही शाश्वत सत्य को झुठलाये जाने का कोई अनर्थ मार्ग में न अड़ ग...
- उसने उसी पत्थर की मूर्ति में से गिरिधर गोपाल को पैदा कर लिया और एकतारा लेकर के उसके लक्षण, गुणगान करने के लिए कहाँ-कहाँ फिरी?...? वृन्दावन से लेकर जयपुर और न जाने कहाँ-कहाँ मीरा फिरी और सूरदास? कहते हैं कि सूरदास अन्धे हो गए थे, त...
- उसने कई वर्षों तक मेरी बहुत प्रशंसा की है, थोड़ी बुराई कर दी तो क्या हर्ज है?...? ’’
ऐसे ही ब्रह्मवर्चस के एक कार्यकर्ता की ड्यूटी अखण्ड दीपक के पास सुरक्षा में थी। उसने वहाँ पर गड़ब...
- उसने कहा इधर आना बेटे, तुम गर्दन में यह क्या पहने हो?...? पता नहीं क्या है? मेरे माँ-बाप पहना गए थे, उसमें से एक दाना निकाला और एक दाना बेच करके आ गए। वह तो ल...
- उसने कहा कि अगर चारों धाम की यात्रा करने के बाद बैंगन का जायका इतना बदल गया और यह बैंगन पहले की अपेक्षा और अधिक सड़ गया तो आपको यह कैसे विश्वास हो गया कि जगह-जगह के खिलौने देखने के पश्चात और तमाशा देखने के पश्चात और पर्यटन करने के पश्चात हमारा कोई आध्यात्मिक उद्देश्य पूरा हो सकता है?...? बेटे! कोई आध्यात्मिक उद्देश्य पूरा नहीं हो सकता।
(क्रमश:)
प्रस्तुत प्रवचन की प्रथम...
- उसने कहा कि अगर चारों धाम की यात्रा करने के बाद बैंगन का जायका इतना बदल गया और यह बैंगन पहले की अपेक्षा और अधिक सड़ गया तो आपको यह कैसे विश्वास हो गया कि जगह-जगह के खिलौने देखने के पश्चात और तमाशा देखने के पश्चात और पर्यटन करने के पश्चात हमारा कोई आध्यात्मिक उद्देश्य पूरा हो सकता है?...? बेटे! कोई आध्यात्मिक उद्देश्य पूरा नहीं हो सकता।आज की बात समाप्त। ॥ॐ शान्ति:॥
कर्मकाण्ड को प्रभा...
- उसने कहा कि आँखें नहीं हैं, तो मैं कैसे पढूँगी?...? बहन ने कहा कि तू पढ़ सकती है। उसने कहा कि कान नहीं है, तो कैसे पढूँगी? बहन ने कहा—तू पढ़ सकती है। बस...
- उसने कहा कि आप लोग बीमार क्यों नहीं पड़ते?...? लोगों ने कहा कि बीमार न पड़ने की दो वजह है। एक तो यह कि हम अपनी खुराक से कम खाते हैं। जितनी भूख ह...
- उसने कहा कि आप हैं भगवान बुद्ध?...? उन्होंने कहा कि हाँ, भगवान की आज्ञानुसार, भगवान की इच्छानुसार मैंने अपने जीवन को हथेली पर रखा और अपन...
- उसने कहा कि उस अभागिन के पास तुम क्यों गए थे?...? उस डाकिन, हत्यारिन के पास तुम क्यों गए थे? कौन हत्यारिन? वह जो मनोकामनाएँ पूरी करे। जो आदमी को हजम क...
- उसने कहा कि कहिए, कहाँ से आना हुआ?...? उन्होंने बताया कि यहाँ के विश्वविद्यालय में साइंस की एक ऐसी क्लास बनने वाली है। यह सुनते ही उसका चेह...
- उसने कहा कि कान नहीं है, तो कैसे पढूँगी?...? बहन ने कहा—तू पढ़ सकती है। बस, वह पढ़ती चली गयी। जरा सी उम्र में अन्धी और गूँगी और बहरी हो गयी थी। उस...
- उसने कहा कि जीभ नहीं है, तो मैं कैसे पढूँगी?...? बहन ने कहा कि तू पढ़ सकती है। उसने कहा कि आँखें नहीं हैं, तो मैं कैसे पढूँगी? बहन ने कहा कि तू पढ़ स...
- उसने कहा कि तुम लोगों को मालूम है कि नहीं?...? क्या है? लैला सख्त बीमार है। अरे! लैला बीमार है तो हम कैसे जियेंगे? उसने कहा कि अगर लैला...
- उसने कहा कि फिर आपको सामान की जरूरत है ना?...? उन्होंने कहा कि हाँ, मुझे चीजें चाहिए, मुझे पैसा चाहिए, मुझे सोना चाहिए, मुझे अमुक-अमुक चीजें चाहिए।...
- उसने कहा कि बूढ़ा हूँ तो क्या?...? रावण से मैं लड़ नहीं सकता हूँ तो क्या? अनीति के विरुद्ध संघर्ष तो कर ही सकता हूँ। वह अपने घोसले में...
- उसने कहा कि बेटे, आज का दूध जो था वह तुम्हारे पिता के यहाँ चला गया?...? क्यों? सारे गाँव का दूध आज तुम्हारे पिताजी के यहाँ चला गया; क्योंकि कोई आज आने वाला है। उसके लिए खीर...
- उसने कहा कि मेरे साथ नरक में चलोगे क्या, सजा भुगतोगे क्या?...? तो उत्तर मिला, हम क्यों भुगतेंगे? आप जाइए, हमें तो चाहिए। आपका कर्तव्य बनता है। वाल्मीकि चले गए और न...
- उसने कहा कि यह लड़की किसकी है?...? हिन्दू की है या मुसलमान की है या रामचंद्र की है या किसकी है, लेकिन यह दुष्ट अनीतिपूर्वक ले जा रहा है।...
- उसने कहा कि ये कौन हैं?...? ये तो भगवान् हैं। तो इन भगवान् को मैं क्या मानूँ? उन्होंने कहा कि जो तेरे मन में आये, मान सकती है।...
- उसने कहा कि लौकिक चाहिए, पारलौकिक से हमें क्या मतलब?...? उन्होंने कहा कि माँगना है, तो वो चीज माँगिए, जिसमें कि आपका भी कल्याण हो और दूसरों का भी कल्याण हो। ...
- उसने कहा कि हम ब्याह क्यों करेंगे?...? हमारा एक देवर है और एक है जेठ, दोनों हमारी सहायता करेंगे। बाप ने पूछा—कौन है तेरा देवर और जेठ? उसने ...
- उसने कहा कि हमने अपनी बेशकीमती जिन्दगी न्यौछावर करके उसकी कीमत पर जो धन- दौलत कमाया था, वह कहाँ है?...? लाओ, अब हम मरने को हैं, उसे अपने साथ ले जायेंगे। मंत्रियों ने कहा कि आप भी क्या गजब की बात करते है...
- उसने कहा कि हमें क्या करना है?...? हम तो पीसने के लिए पैदा हुए हैं। सॅलाइवा मिलाने के लिए हम पैदा हुए हैं। दूसरों की खुशहाली के लिए हम ...
- उसने कहा था हिन्दुस्तान की अच्छी समाजसेवी संस्थाओं में से कौन-कौन सी हैं?...? उन्होंने बाबा साहब आमटे की संस्था को बहुत पसन्द किया और एक लाख रुपए का चेक उनको भेजा कि यह छोटी-सी ह...
- उसने कहा हम पेट पालने के लिए आपकी सहायता माँगने के लिए नहीं आए?...? आपकी सहायता करने के लिए आए हैं। हमारा बाप बहुत बड़ा मालदार है, हमारे पासा बहुत सारा पैसा है। हम आपकी ...
- उसने कहा, अब क्या करूँ, कैसे मुनाफा हो और कैसे घाटा पूरा हो?...? उसने कहा, चल अपने गुरुजी के पास चलता हूँ। उसे लेकर मेरे पास आ गया। मैंने कहा, बेटे क्या बीमारी लेकर ...
- उसने कहा, पिता जी आपने संन्यास ले लिया?...? हाँ। तो फिर हमारे लिए हुक्म दीजिए कि हमको क्या करना चाहिए? मित्रो! संघमित्रा जो थी, उसने कहा, पिता ज...
- उसने कहा, पिताजी आपने संन्यास ले लिया?...? हाँ। तो फिर हमारे लिए हुक्म दीजिए कि हमको क्या करना चाहिए।मित्रो! संघमित्रा जो थी, उसने कहा, पिताजी ...
- उसने कहा- परन्तु इनमें न तो सुगन्ध है और न स्वाद है, तो मैं किस तरीके से मान लूँ?...? पत्नी ने कहा कि जब ये बैंगन सुगन्ध न प्राप्त कर सके, खुशबू प्राप्त न कर सके और स्वाद न प्राप्त कर स...
- उसने कहा-आप ऐसा भोजन क्यों कर रहे हैं?...? इस गाँव मे तो जो भी कोई सन्त महात्मा आता। है वह मेरे यहाँ ही ठहरता है। नानक ने बड़ी शान्ति से उत्तर द...
- उसने कहा-हम पेट पालने के लिए आपकी सहायता माँगने के लिए नहीं आए?...? आपकी सहायता करने के लिए आए हैं। हम बहुत बड़े मालदार हैं। हमारा बाप बहुत बड़ा मालदार है, हमारे पास बहु...
- उसने कहा—क्या नाम लूँ?...? राम का नाम लिया कर। राम नाम याद आने लगा, तो उसे याद आया कि मेरा सारा जीवन तो कषाय-कल्मषों में बीता ह...
- उसने कहा—तो फिर क्या करना चाहिए?...? सच्ची बात तो यह है कि मेरा मन तो कहता है कि मैं दूँ ही नहीं और यह कह दूँ कि जेवर मेरे हैं, मैं न...
- उसने कहा—देखूँ तो सही, वह कौन है?...? पेड़ के ऊपर चढ़कर उसने देखा, तो कोई कहीं नहीं दिखाई दिया। उसने कहा—बच्चे! यहाँ तो कोई नहीं हैं। बच्चे ...
- उसने कहा—नहीं, तालाब भी छोटा है, तालाब भी नहीं चाहिए, मुझे तो क्या चाहिए?...? उसे समुद्र में डाल दिया अर्थात उसका विस्तार हो गया।
बेटे ! मिशन का विस्तार हो गया। वह समुद्र के तरी...
- उसने कहा—वह अँगूठी वाले की दुकान कहाँ है?...? यहाँ है, हमारे यहाँ मिलती हैं अँगूठियाँ। तो दस नये पैसे में वो अँगूठी जिसमें सोना लगा हुआ हो और जिसम...
- उसने कहा—हम अख़बार इसलिए बेचते हैं कि हमारे पिताजी एक ऊँचे सरकारी अफसर हैं और वे यह कहते हैं कि हमारा बच्चा भी बड़ा होकर के सरकारी अफसर बनेगा और अच्छा काम करेगा, मालदार बनेगा, लेकिन मालदार को यह मालूम होना चाहिए कि पैसा मेहनत से कमाया जाता है तो उसे खरच कैसे करना चाहिए?...? खरच वही कर सकता है, जिसने मेहनत से कमाया है। जिस आदमी ने मेहनत से नहीं कमाया, वह पैसे को सही ढंग से ...
- उसने कहा—‘तुम क्या कर रहे हो?...? ’ हम समुद्र में पुल बना रहे हैं। क्यों? उन्होंने कहा—‘सीता जी को वापस लायेंगे, रावण को मारेंगे।’ त...
- उसने क्या करके रखा है?...? उसने इंसान को बेशकीमती नियामतें दी हैं और एक के भीतर एक छिपा करके दी हैं।
मानवीय व्यक्तित्व के ती...
- उसने क्या कहा?...? उसने कहा कि ५०० रुपये दे दीजिए, तो हम आपका ट्रांसफर करा देंगे। आपने फिर कमिश्नर से भी कोशिश की होगी,...
- उसने क्या काम किया?...? ब्याह शादी तो नहीं की, पर पड़ोस के बच्चे, अनाथ बच्चे, अपाहिज बच्चे इकट्ठे कर लिए और उन्हें पालने लगा...
- उसने क्या किया?...? पुराणों की कथाओं के मुताबिक़ उसने दुनिया की सारी दौलत इकट्ठी कर ली और समुद्र में चला गया और वहीं समु...
- उसने क्या पाया था?...? हाँ मित्रो! हमने बहुत पाया और अपने प्रभाव की दृष्टि से न जाने क्या-क्या पाया? मैं वह आदमी हूँ कि किस...
- उसने क्यों भेजा?...? आपने चिड़िया जला दी थी, अरे! आपको तो सब बातें मालूम हैं। हाँ, हमको भूत, भविष्य की सब बातें मालूम है...
- उसने खाबड़-खूबड़ धातु के टुकड़े को कैसी सुंदर अँगूठी बना दिया, कैसा जेवर बना दिया?...? कैसा नाक का जेवर बना दिया? कैसा कैसा जेवर बना दिया? ये हमारी जिन्दगी, बेतुकी जिन्दगी, बेसिलसिले की जिं...
- उसने खाबड़-खूबड़ धातु के टुकड़े की कैसी सुन्दर अँगूठी बना दी, कैसा जेवर बना दिया?...? कैसा नाक का जेवर बना दिया। कैसा-कैसा जेवर बना दिया। ये हमारी जिन्दगी? बेतुकी जिन्दगी-बेसिलसिले की जि...
- उसने गाय का दूध पीने के लिए क्या किया?...? पोले बाँस की एक नलकी ली और गाय के थन से लगाई और हुक्के के तरीके से दूर से ही दूध पीने लगा। एक ने पूछ...
- उसने गाय का दूध पीने के लिए क्या किया?...? पोले बाँस की एक नलकी ली और गाय के थन से लगाई और हुक्के के तरीके से दूर से ही दूध पीने लगा। एक ने पूछ...
- उसने जब सीता जी का अपहरण देखा, तो कहा कि मैं बूढ़ा पक्षी हूँ तो क्या हुआ?...? अगर हमारे, आपके जैसा होता तो सोचता कि अरे भाई! फौज में भरती होने से क्या फायदा? अब तो हम बूढ़े हो ग...
- उसने जूडस का अजायबघर देखा और पिता से पूछा कि हमारे सामने ये जो मूर्तियाँ रखी हुई हैं, क्या इनकी शक्लें ऐसी ही थीं?...? क्या उनकी कलाइयाँ ऐसी मोटी थीं। उनने कहा—हाँ बेटा! ऐसी ही थीं। क्या हमारे बुजुर्गों की गरदन ऐसी मोटी...
- उसने टेलीविजन से लेकर न जाने क्या-क्या बना लिया है?...? एक जमाना था जब तीर-कमान से लड़ाइयाँ लड़ी जाती थीं और जब आदमी के शरीर में तीर चुभ जाता था तो उसे निकाल...
- उसने देखा कि जेब में क्या रखा हुआ है?...? जेब में एक डायरी रखी हुई थी। डायरी में लॉटरी के नंबर लिखे हुए थे। गुजरात गवर्नमेंट की लॉटरी नंबर ३६९...
- उसने नौकरानी को बुलाया और कहा—अब क्या करना चाहिए?...? २००० रुपये कहाँ से आएँगे? अब तो जेवर बेचकर रुपये चुकाने पड़ेंगे। लेकिन आइंदा के लिए जो सही में मजनू ह...
- उसने पत्नी से पूछा कि क्या तुमने खाना नहीं खाया?...? पत्नी बोली—भला मैं कैसे खा लेती। मेरे माता-पिता ने कहा है कि पति के खाने के बाद खाना तथा उसकी सेवा क...
- उसने पूछा कि आप अयोध्या से यहाँ क्यों आये?...? रामचन्द्र जी बोले-शबरी हमेशा भगवान् भक्त के पास आते हैं। हम सूरदास के पास गये थे। हम राजा बलि के प...
- उसने पूछा दीपक क्यों नहीं जलाते घर वालों ने पूछा-दीपक क्या होता है?...? बहू अपने साथ माचिस लाई थी उसने तेल बत्ती मिलाकर दीपक जलाया। अन्धकार मिट गया तो सब बड़े प्रसन्न हुए और...
- उसने पूछा, ‘‘घर में और कौन-कौन है?...? ’’ हमने कहा, ‘‘हमारे अलावा और कोई नहीं है।’’ वह बोला, ‘‘छत पर कौन है?’’ हमने कहा, ‘‘कोई नहीं है।’’ प...
- उसने पूछा—"इसका मालिक कौन है?...? कोई राजा साहब हैं। नाम मालूम है? नाम हमको मालूम नहीं। शक्ल मालूम है? नहीं साहब! शक्ल भी नहीं मालूम, ...
- उसने पूछा—कब दिखा देंगे?...? उन्होंने कहा—जब कहो, तभी दिखा देंगे। चोर दूसरे दिन तैयार होकर आ गया सबेरे ही। उसने कहा—हमको दिखाइए भ...
- उसने पूछा—कहिए आप लोग कैसे आए?...? उन्होंने कहा कि यहाँ के विश्वविद्यालय में साइंस की एक फैकल्टी बनने वाली है। उसमें अमुक-अमुक काम कराए...
- उसने पूछा—क्या इसका उपचार नहीं हो सकता?...? डॉक्टरों ने सीधा सा उत्तर दिया कि आपकी जाँच-पड़ताल कुछ महीने पहले हो सकी होती और समय रहते वस्तुस्थित...
- उसने पूछा—क्या बात है महाराज जी?...? उन्होंने कहा—बेटे हम तुझे राजा बनाना चाहते हैं। हमें राजा बनाना चाहते हैं आप? हाँ आपको ही बनाना चाहत...
- उसने पूछा—क्यों इसमें कुछ गलती हो गई है क्या?...? हाँ, यह तो पचास हजार का चेक है और हमने तो पाँच सौ डॉलर माँगे थे। हाँ, मैंने आपको पचास हजार डॉलर की प...
- उसने फिर से देखा व पूछा, ‘‘आप लोगों ने किस डॉक्टर को दिखाया है?...? कौन डॉक्टर मिल गया जिसने यह घाव सुखा दिया?’’ डाक्टर से हम केवल इतना ही कह पाये कि यह हमारे पूज्य गुर...
- उसने मनुष्य को बहुत कुछ दिया है, इतना दिया है कि आपको मैं क्या कह सकता हूँ?...? आपको ऐसे हाथ दिए, आपको ऐसा सुख दिया, ऐसी आपको जिन्दगी दी कि उसे कितने उपहारों से लाद दिया। क्यों लाद ...
- उसने महिला संगठन की दृष्टि से न जाने क्या से क्या कर डाला, कैसे हो गया?...? उसने बदल दिया, उनका कायाकल्प हो गया।
कैसे कायाकल्प होगा? मैं बताने वाला हूँ आपको। पर आपको ये जान ही...
- उसने यह कहा—"गुरुदेव आप यह बताइए कि आप तो इस साधना में लग गए, तो हमें प्रेरित कौन करेगा?...? आप यह तो बताइए कि हमको करना क्या है?" तो उन्होंने कहा—"एक ही कार्य है कि सारे विश्व में फैल जाओ। हर ...
- उसने यह पता लगाया कि गंगा की धारा में उल्टी दिशा में चलने में क्या मजा आता है?...? मैंने भी ऐसे ही अपनी सारी जिन्दगी उल्टी दिशा में चलने में लगा दी। विश्वामित्र की तरीके से गायत्री की...
- उसने यही सोचा और क्या कर डाला?...? उसने गंगा से भक्ति का नाता जोड़ डाला। यह भक्ति का प्रतीक है।यह भक्ति अन्तरात्मा में से उमगती है। भगीरथ...
- उसने समय को पहचान करके उसकी कीमत कैसे चुकानी चाहिए?...? मुनासिब वक्त का कैसे फायदा उठाया जाना चाहिए, यह समझदारों का काम है। मैं चाहता था कि आप समझदारी का ...
- उसने साहस और उदारता मेरे लिए नहीं बरती होती, धैर्य नहीं रखा होता, तो आज मैं न जाने क्या से क्या होता?...? आर्य समाज का इतना काम किया। पत्र-पत्रिकाओं के सम्पादक रहे, उन्होंने बहुत काम किया। गुरुकुल कांगड़ी क...
- उसने सोचा—कितने मामा हैं?...? सात। और सात मामा न होते, एक मामा होता तब? तो पेट भर जाता। कहते—अरे भाई लड़के! तू रोटी खा करके आया? रो...
- उसमें अकेले उनकी सामर्थ्य थी क्या?...? यदि राम ने उनके व्यक्तित्व को ललकारा नहीं होता, तो वे वानर-के-वानर ही रह गए होते।...
- उसमें अवांछनीय, अनुचित, अशोभनीय या आनन्दरहित क्या है, जिससे छूट भागने की बात सोची जाये?...? मुक्ति वस्तुतः अपने दोष-दुर्गुणों से, स्वार्थ-संकीर्णता से, क्रोध-अहंकार से, लोभ-मोह से, पाप-अविवेक ...
- उसमें आप लोगों का क्या योगदान होना चाहिए?...? आप लोगों का जो योगदान होना चाहिए, वह है हिम्मत का, साहस का। बुज़दिली का नहीं, रोने और चिल्लाने का नह...
- उसमें उचित अनुचित का विवेक लाभ हानि देखने की क्या आवश्यकता?...? इसी प्रवृत्ति का सर्वव्यापी अनुकरण किया जा रहा था। परम्पराओं के प्रति अन्ध भक्ति आज भी मिटी नहीं है,...
- उसमें और आप में फरक कहाँ रहा?...? जीवन-निर्वाह करने की क्रिया और जीवनयापन करने में योगी और भोगी में कुछ खास फरक नहीं होता। विचार करने ...
- उसमें कम से कम हम अपनी विचार पद्धति की पूरी-पूरी जानकारी करा सकें कि आखिर हम कहना क्या चाहते हैं और करना क्या चाहते हैं?...? मित्रो! क्या करना पड़ेगा? आपको तीर्थयात्राओं के लिए जाना पड़ेगा। जिस गाँव में आप पहुँचेंगे, जिस गाँव...
- उसमें कमियाँ कम हैं क्या, बुराइयाँ कम हैं क्या?...? एक से एक दुष्ट, एक से एक बेईमान दुनिया में भरे पड़े हैं। तो क्या करें फिर! दूसरों के प्रति द्वेष? द्व...
- उसमें कहाँ खराबी पड़ी है और रुग्णता का दौर कितनी गहराई में किस क्षेत्र में किस स्तर का चल रहा है?...? इसी प्रकार मनःशास्त्री यह सोचते हैं कि मनुष्य जिस प्रकार के चिन्तन या क्रिया-कलाप में व्यस्त रहता है...
- उसमें कॉमर्स वाले विभाग हैं, साइंस वाले विभाग हैं, उसमें कितने टीचर्स-ट्रेनिंग वाले विभाग हैं?...? सात कॉलेज हैं वहाँ जिस तरीके से हीरालाल शास्त्री को टेलीफोन किया गया था उसी तरह जब स्वराज्य हुआ तब प...
- उसमें कौन-सा श्रेष्ठ है?...? (२) फलित ज्योतिष की हानियों पर प्रकाश डालिए? (३) विवाह के पूर्व कुण्डली मिलाने से लाभ है या हानि? (४...
- उसमें क्या ऐसी बड़ी-सी बात है?...? वो कोई बड़ी-सी बात नहीं है। माँगना हो, तो हाथ जोड़कर माँगिए या झोली में माँगिए या टोपी में माँगिए अथवा...
- उसमें क्या कमी हो सकती है?...? उसमें क्या करने के लिए क्या कम गुंजाइश नहीं है जो कि मैं आगे की बात सोचूँ। आगे वाली बात सोचना उनका क...
- उसमें क्या करना पड़ता है?...? अभ्रक भस्म, लोहा भस्म, सोना भस्म, चाँदी भस्म, मकरध्वज—ये सब क्या चीज हैं? ये ऐसे भस्म और रसायन हैं क...
- उसमें क्या किया, उनको लिबास कहाँ से आया?...? पोशाक कहाँ से आये? शृंगार कहाँ से आये? उन्होंने सिन्दूर से उनको लपेट दिया, और सिन्दूर से उन पत्थरों ...
- उसमें क्या किया?...? उनके लिबास कहाँ से आए? पोशाक कहाँ से आये? शृंगार कहाँ से आये? उन्होंने सिन्दूर से उनको लपेट दिया और ...
- उसमें क्या खास बात है?...? उसमें हमारे नाम का पत्थर लगा हुआ है। हमने अपने पिता के नाम पर 5100 रुपये दिए हैं। देखना कैसा जोर का ...
- उसमें क्या था?...? चलिए भाई साहब! यज्ञ में बैठ जाइए। नहीं साहब! हमारे काम में देर हो जाएगी। नहीं साहब! देखिए, एक पारी ब...
- उसमें क्या था?...? चलिए भाई साहब! यज्ञ में बैठ जाइए। नहीं साहब! हमारे काम में देर हो जाएगी। नहीं साहब! देखिए एक पारी बी...
- उसमें क्या बात है?...? और उसमें क्या बात थी? वह भी खाना पकाती थी और हमारी औरत भी खाना पकाती है। बेटे! मुख्य बात—असल बात यह ...
- उसमें क्या बात है?...? और उसमें क्या बात थी? वह भी खाना पकाती थी और हमारी औरत भी खाना पकाती है। बेटे! मुख्य बात, असल बात यह...
- उसमें क्या होता है?...? बेटे, उसमें दो जानवरों को बहका देते हैं और बहकाये हुए जानवर आपस में टक्कर मारते हैं। खून-खराबे हो ज...
- उसमें क्या-क्या भरकर के लायेंगी?...? पाँच वाले नोट अलग, दस रुपये वाले नोट अलग, सौ-सौ रुपये वाले अलग-सब इकट्ठा करके लायेंगी। बेटे, तू ऐस...
- उसमें चाबुक क्यों मारता है?...? उसमें इलेक्ट्रिसिटी होती है। फिर शरीर की इलेक्ट्रिसिटी का विज्ञान क्या है? ये शरीर की इलेक्ट्रिसिटी ...
- उसमें जीवन कहाँ होता है?...? भागवत् कहने वाला व्यक्ति जीवित कहाँ है? वह मरा हुआ है। मरे हुए आदमी की कथा क्या हो सकती है? नारद जी ...
- उसमें पाँच तो वो हैं कौन?...? चार भाई हैं और सीताजी हैं। पाँच नाम से पंचायतन हो जाता है; लेकिन आपने उस हर चित्र में हनुमान जी को श...
- उसमें प्राण पैदा क्यों नहीं कर लेते?...? आप इन कृत्यों की प्राण-प्रतिष्ठा कीजिए। बेटे! मैं यही कहना चाहता था आपसे।...
- उसमें भी तो हम यही देखने जाते हैं कि हमारा दाम्पत्य जीवन खुशहाल कैसे हो?...? मेरी कर्तव्यपरायणता देखकर जब उसकी आँखों में से आँसू की बूँदें ढुलक पड़ती हैं तो मैं तो ये समझता हूँ क...
- उसमें भेड़ियों जैसा परस्पर फाड़ खाने का प्रचलन क्यों बढ़े?...? करने योग्य वह नहीं है जो किया जा रहा है, सोचने योग्य वह नहीं है जो सोचा जा रहा है। मानवी गरिमा का ...
- उसमें मैंने यह लिखा है कि भारतीय लोगों ने किस कदर त्याग और बलिदान किए हैं और एक से बढ़कर एक कैसे कैसे नमूने खड़े किए हैं?...? बलिदानों का जखीरा लगा दिया है। भारतीय सभ्यता को अपने अनुदान देने वाले लोगों का जब मैं इतिहास पड़ता हू...
- उसमें यह बताया गया है कि दलील कैसे दी जाती है, बहस कैसे की जाती है?...? बहस में यह भी किया जा सकता है और यह भी। उन्होंने दो टॉपिक लिए हैं—एक ईश्वर है, दूसरा ईश्वर नहीं है। ...
- उसमें वह उपलब्धि कहाँ है?...? आध्यात्मिक उपलब्धि उससे नहीं हो सकती।
शंकर और पार्वती रास्ते में जा रहे थे। उसी रास्ते में एक ब्र...
- उसमें व्यक्ति को सुविकसित और समाज को समुन्नत बनाने की क्षमता विद्यमान है या नहीं?...? विश्व को अगले ही दिनों एक सार्वभौम सर्वजनीन संस्कृति की आवश्यकता पड़ेगी, वह प्रयोजन इससे सधेगा या...
- उसमें शक्ति कहाँ से आ गई?...? बेटे, एकलव्य की श्रद्धा ने पैदा की थी। श्रद्धा पैदा कर सकती है? हाँ श्रद्धा गुरु पैदा कर सकती है। ...
- उसमें से इसे हम कैसे अलग कर सकते हैं?...? अत: हमारे हिस्से में भी चला जाएगा।...
- उसमें से क्या खून निकलने वाला है?...? खून तो हमारे भीतर से निकलता है और हम अपने आपको चखते रहते हैं। मित्रो! इसी तरह कामवासनाओं की ...
- उसमें से क्या-क्या चीजें निकलीं थी?...? पुराणों में मैंने सुना है कि सूरज निकला था, चन्द्रमा निकला था, लक्ष्मी जी निकली थीं। ऐरावत हाथी नि...
- उसमें से भगवान मिल जाता है?...? अरे महाराज जी! भगवान तो दिखाई नहीं पड़ते। अच्छा बेटे! योग के नाम पर और क्या करता है? गुरुजी! योग ...
- उसमें से शिव पुराण की एक कथा मुझे याद आई, जिसने हमारी शंका का समाधान कर दिया कि भगवान शंकर-सहायता क्यों नहीं करते हमारी?...? क्यों नहीं उनकी शक्ति का लाभ मिलता? क्यों उनके चमत्कार हमें दिखाई नहीं पड़ते? जबकि शंकर भगवान के भक्त...
- उसमें से शिवपुराण की एक कथा मुझे याद आई, जिसने हमारी शंका का समाधान कर दिया कि भगवान शंकर सहायता क्यों नहीं करते हमारी?...? क्यों नहीं उनकी शक्ति का लाभ मिलता? क्यों उनके चमत्कार हमें दिखाई नहीं पड़ते? जबकि शंकर भगवान के भक्त...
- उसमें सोचने का गुण तो है, पर क्या सोचना चाहिए?...? यह निर्धारण करना अन्तःकरण का काम है। सज्जनों का चिन्तन एवं कर्तृत्व एक तरह का होता है और दुर्जनों का...
- उससे अगले वर्ष तीन सौ टन हो जाएगा, क्यों?...? क्योंकि खदान चारों ओर से खींचती रहती है, जमा करती रहती है। देवताओं की कृपा के सम्बन्ध में भी ठीक यही ब...
- उससे अपनी आवश्यकताओं को पूरा करें जिससे कि नया निर्माण करने के लिए नई विचारधाराओं के निर्माण करने के लिए जा सकें, भले ही वह सहायता के आधार पर ही क्यों न हों?...? मुझे इस पूँजी को आमन्त्रित करना पड़ेगा। इसके लिए भी सारी दुनिया को मुझे जगाना है और जगाना ही चाहिए।यह...
- उससे आप क्या करेंगे?...? उससे उस अध्यात्म की कीमत पर आप जनता का सम्मान खरीदेंगे। फिर क्या होगा? फिर आप पर सहयोग बरसेगा। ये क्...
- उससे आप क्या करेंगे?...? उससे उस अध्यात्म की कीमत पर आप जनता का सम्मान खरीदेंगे। फिर क्या होगा? फिर आप पर सहयोग बरसेगा। ये क्...
- उससे आपने क्या पाया था?...? हाँ, हमने बहुत कुछ पाया था, न जाने आपने प्रभाव की दृष्टि से क्या-क्या पाया, पैसे की दृष्टि से न जाने...
- उससे एक पैसा कितना काम आया?...? किसी को एक पैसा आप दान दे दें या खिला दें, तो उससे क्या हो सकता है? लेकिन यज्ञ कर दें, तो यज्ञ हवा म...
- उससे कहा, ‘‘जरा तुम कल्पना करके देखो, यदि यही दुरावस्थाएँ तुम्हें और तुम्हारे स्वजनों को घेर लें, तो कैसी अनुभूति होगी?...? ’’ईसा लगातार उसकी आँखों में देखे जा रहे थे। जेकस ने आँखें झुका लीं। कुछ क्षणों की चुप्पी के बाद उसने...
- उससे किसे क्या लाभ मिल सकता है?...? उसका प्रचलन किन कारणों को लेकर चल पड़ा? इन प्रश्नों का कोई विवेक सम्मत उत्तर नहीं मिलता। प्राचीन भार...
- उससे क्या आफत आ जाएगी?...? अत: हमको यज्ञोपवीत की स्थापना करनी पड़ेगी और हम उसे व्यापक आन्दोलन के रूप में चलाएँगे। जहाँ कहीं भी ह...
- उससे क्या आफत आ जाएगी?...? अतः हमको यज्ञोपवीत की स्थापना करनी पड़ेगी और हम उसे व्यापक आह्वान के रूप में बनाएँगे। जहाँ कहीं भी हम...
- उससे क्या फायदा है?...? उन्होंने कहा—मैं तलवार चलाने का अभ्यास कर रहा हूँ। क्यों अभ्यास कर रहे हैं? इसलिए अभ्यास कर रहा हूँ ...
- उससे क्या फायदा होगा?...? उन्होंने कहा कि रोटी के अलावा थाली में से सारा सामान हटा दीजिए। उससे क्या फायदा होगा? आचार्य जी! उसम...
- उससे क्या फायदा होता है?...? उससे लक्ष्मी आती है। ऐसा शंख जहाँ कहीं भी रहेगा गुरुजी! वहाँ लक्ष्मी आ जाएगी। अच्छा, तो लक्ष्मी आ जा...
- उससे क्या फायदा?...? गायत्री मंत्र याद भी हो गया और उसका अर्थ भी हम समझ गए कि हे भगवान हमारी बुद्धि को शुद्ध-पवित्र बना द...
- उससे क्या फायदा?...? गायत्री मंत्र याद भी हो गया और उसका अर्थ भी हम समझ गए कि हे भगवान हमारी बुद्धि को शुद्ध-पवित्र बना द...
- उससे क्या बनेगा?...? मुक्ति मिलेगी? हमें तो विश्वास नहीं कि मुक्ति मिलेगी। यदि मुक्ति मिलती है तो हमें इसी जीवन में मिलती...
- उससे क्या मिल जाएगा?...? उससे आपको पुण्य मिल जाएगा, परमार्थ मिल जाएगा, भगवान की प्रसन्नता मिल जाएगी। इसके लिए साधन? हाँ, इसके...
- उससे क्या मिलेगा?...? क्योंकि हमारी मान्यता तो वैसी ही बनी है। अरे बेटा! तू उस मान्यता को छोड़, भावना और श्रद्धा को क्यों ...
- उससे क्या लाभ हुआ?...? (४) शिक्षक को राष्ट्र निर्माता क्यों कहा जाता है? (५) अध्यापकों के प्रमुख कर्तव्य बताइये? (६) अध्याप...
- उससे क्या हम लड़ाई-झगड़ा करें?...? नहीं, उससे लड़ाई-झगड़ा क्या करना है? झूठ के पाँव कहाँ होते हैं? झूठ जिन्दा रहता है क्या? झूठ जिन्दा ...
- उससे क्या हुआ?...? दो खराबियाँ हुई हैं। हमने शंकर जी से पूछा भगवान! सभी लोग आपको शक्कर खिलाते हैं। इससे आपको कोई नुकसान...
- उससे क्या हो जाएगा?...? उससे गुरुजी! हमारे बच्चे एटीकेट सीखकर के आएँगे। एटीकेट क्या होता है? एटीकेट उसे कहते हैं, जब कोई आ...
- उससे क्या हो जाएगा?...? उससे गुरुजी! हमारे बच्चे ऐटीकेट सीखकर के आएँगे। ऐटीकेट क्या होता है? ऐटीकेट उसे कहते हैं, जब कोई आदम...
- उससे क्या हो जाता है?...? ये हमारे प्रतीक हैं। प्रतीकों के पीछे न जाने क्या से क्या शिक्षण भरा हुआ पड़ा हैं? प्रतीक हमारी गीता ...
- उससे क्या होगा?...? जा वैकुण्ठ चला जा। वहाँ तेरे स्वागत के लिए खड़े हैं द्वारपाल।
समय की पुकार सुनें
बेटे ! अब यह स...
- उससे जाने हमें क्या-क्या मिलता है?...? भगीरथ यह दौलत कहाँ से कमाकर लाए थे? उनने एक ही काम किया था, जिसका नाम था—तप। भगीरथ ने तप करने से यह ...
- उससे ज्यादा सफाई हो सकती है, पर इससे सफाई कैसे हो सकती है?...? यह भावनात्मक सफाई है, मान्यात्मक सफाई है।
मखौल मत करिए
मित्रो! सारे का सारा अध्यात...
- उससे ज्यादा सफाई हो सकती है, पर इससे सफाई कैसे हो सकती है?...? यह भावनात्मक सफाई है। यह सफाई जरूरी है। मखौल मत करिए मित्रो! सारे का सारा अध्यात्म वास्तव में भावनाओ...
- उससे भगवान प्रसन्न नहीं होता है, तो क्या केवल हाथों की उलटा पुलटी और जीभ की नोंक की हेरा-फेरी से भगवान प्रसन्न नहीं होता है?...? हाँ बेटे, नहीं होता है। तो किससे प्रसन्न होता है? आपके मन से, हृदय से और भावनाओं से। चेतना व चिन्तन क...
- उससे हम अलग कैसे रहेंगे?...? जब हमारा शरीर नहीं रहेगा, तो हमारी आत्मा उसमें रहेगी।
शरीर तो बेटे! हाड़-माँस का है, जो सबका होता ह...
- उससे हम क्या पाते और क्या खोते हैं?...? यदि ऐसी विवेचना की जा सके तो प्रतीत होगा कि जो पाया है इससे खोया अधिक है। ऐसे अहितकर, अनीतियुक्त दृष...
- उसी करवट उठते थे, कोई चक्कर नहीं, मैं कहती थी कि मुझे नींद कम आती है, तो मखौल में कह देते थे कि शान्तिकुञ्ज का पहरा तो तुम देती हो मुझे क्या चिन्ता है?...? मैं तो निश्चिन्तता की नींद सोता हूँ हमेशा। हाँ तो मैं यह कह रही थी कि आगे जो उन्होंने स्वप्न के बारे...
- उसी का नाम हीरा है, जो करोड़ों रुपये का होता है और आपकी की क्या कीमत है?...? अभी आपकी कीमत एक कौड़ी भी नहीं है। आप अभी मर कर जाएँगे और मिट्टी में मिल जाएँगे। जानवर की खाल भी काम...
- उसी तरह आपकी पात्रता कमजोर हो, तो भगवान कैसे आपको अपनायेगा?...? कैसे स्नेह, प्यार देगा? अगर राजकुमार से विवाह करना हो, तो लड़की भी ठीक होनी चाहिए। अगर आप कोढ़ी हैं,...
- उसी दिशा में क्यों न चलें?...? मनीषी नीत्से ने दृढ़तापूर्वक घोषणा की है कि ‘‘तर्क के इस युग में पुरानी मान्यताओं पर आधारित ईश्वर मर...
- उसी नगर में स्थान-स्थान पर अनेक बड़े-बड़े चित्र लगाए गए जिसके नीचे मोटे-मोटे अक्षरों में लिखा था ‘‘स्वामी विवेकानन्द एमाँक फ्रॉम इण्डिया ’’ क्या था उनकी सफलता का राज?...? उसे उन्होंने ही बताते हुए एक अवसर पर कहा था-‘‘उठो जागो, रुको मत, जब तक अपने लक्ष्य तक न पहुँच जाओ।’’...
- उसी नारकीय योनि में चले जाते हैं ये क्या बात हुई?...? इसीलिए हुई कि सन्त जो होता है वह सारे विश्व का होता है, सारे विश्व का पिता होता है वह। सारे विश्व का...
- उसी नारकीय योनि में चले जाते हैं, ये हुई कि सन्त जो होता है, क्या बात हुई?...? इसीलिए वह सारे विश्व का होता है, वह सारे विश्व का पिता होता है। सारे विश्व का होता है, जो भी होता है...
- उसी पाठ के हिसाब से उसकी मनोकामना पूरी कर दी जाए, देवताओं के जिम्मे बस यही काम रह गया है?...? पाठ कीजिए, मनोकामना पूरी कीजिए। अरे मुनीम जी! लोगों का जल्दी-जल्दी एकाउण्ट तैयार कीजिए। क्या करें? ठ...
- उसी प्रकार ईश्वर के समीप गये बिना आत्मा की भूख कैसे मिटेगी?...? यह उपासना की पद्धति है जो मनुष्य को तृप्त करती है। जिस प्रकार मनुष्य के शरीर में प्राण का महत्त्व है...
- उसी प्रकार मन में अनेक विचार भरे हुए हों तो तत्त्वज्ञान के लिए स्थान कैसे बचेगा?...? मेरा कहना भी व्यर्थ जायेगा। इस समय आप अत्यन्त व्यस्त हैं, तो तत्त्वज्ञान व्यर्थ हो जायेगा। अपने अन्य...
- उसे अपने स्वास्थ्य की बात सोचने का अधिकार ही किसने दिया है?...? सोने, उठने का कोई समय नहीं। मर्द रात को १२ बजे आए तो उसी समय चूल्हा फूँकना चाहिए। सब लोग खा जाएँ उसक...
- उसे अपने स्वास्थ्य की बात सोचने का अधिकार ही किसने दिया है?...? सोने-उठने का कोई समय नहीं। मर्द रात को १२ बजे आवे तो उसी समय चूल्हा फूँकना चाहिए। सब लोग खा जायँ, उस...
- उसे अपने स्वास्थ्य की बात सोचने का अधिकार ही किसने दिया है?...? सोने उठने का कोई समय नहीं। मर्द रात को १२ बजे आयें तो उसी समय चूल्हा फूँकना चाहिए। सब लोग खा जायें उ...
- उसे असहाय बना कर किसने क्या पाया?...? घर परिवार के लोगों की इससे क्या सुविधा बढ़ी? पति को उससे क्या सहयोग मिला? बच्चे क्या अनुदान पा सके? ...
- उसे असहाय बनाकर किसने क्या पाया?...? घर परिवार के लोगों की इससे क्या सुविधा बढ़ी? पति को उससे क्या सहयोग मिला? बच्चे क्या अनुदान पा सके? ...
- उसे असहाय बनाकर किसने, क्या पाया?...? घर-परिवार के लोगों को इससे क्या सुविधा बढ़ी? पति को उससे क्या सहयोग मिला? बच्चे क्या सुरक्षा पा सके?...
- उसे अस्पताल क्यों नहीं पहुँचाया?...?
डरते-डरते लड़के ने कहा- ‘मैं अकेला था। भला, उसे अस्पताल कैसे ले जाता?’
इस पर पिता ने समझाया -‘‘तुम न...
- उसे आत्मसाक्षात्कार हो गया कि नहीं हो गया?...? कुछ भी नहीं हुआ। एकाउण्टेंट जो बढ़िया वाले हिसाब रखते हैं, सब एकाग्रता वाले होते हैं। एकाग्रता न ...
- उसे आदमी की प्रशंसा से क्या मतलब?...? निन्दा से क्या मतलब? पूजा से क्या मतलब है? गाली देने से क्या मतलब है? लेकिन जब मैंने ये विचार किया क...
- उसे आप अगर एक को पढ़ाने में, गजेटेड आफीसर बनाने में खर्च कर देंगे, तो बाकी बच्चों के गले में क्या फाँसी लगा देंगे या मार देंगे?...? या फिर उसे मैट्रिक तक पढ़ाने के बाद घर से निकालिए तथा यह कहिए कि निकल घर से, अपने आप पढ़ तथा अपने ...
- उसे आप क्यों नहीं समझते?...? अक्षरों को समझते हैं और उन्हें महत्त्व देते हैं। क्रिया-कांडों को महत्त्व देते हैं, लेकिन उस असलियत ...
- उसे आप क्यों नहीं समझते?...? अक्षरों को समझते हैं और उन्हें महत्त्व देते हैं। क्रियाकाण्डों को महत्त्व देते है, लेकिन उस असलियत क...
- उसे आप पूरा कर देंगे?...? कैसे कर पायेंगे? ना, सम्भव नहीं है; लेकिन ये ही करना पड़ेगा आपको। आपके पास आपका अपनापन अगर सही है, तो...
- उसे करने दे, हमें क्या नुकसान है?...? उसी का नुकसान होगा। देवता अजातशत्रु होते हैं। शत्रु कोई नुकसान नहीं पहुँचा सकते। नहीं साहब! शत्रु तो...
- उसे करने दे, हमें क्या नुकसान है?...? उसी का नुकसान होगा। देवता अजातशत्रु होते हैं। शत्रु कोई नुकसान नहीं पहुँचा सकते। नहीं साहब! शत्रु तो...
- उसे कहने के लिए विवश होना पड़ा—‘‘आप ठीक कहते हैं; पर उपाय क्या है?...? ’’‘‘मनुष्य को उसकी खोई हुई मनुष्यता ढूँढ़कर देनी होगी, उसके मर्म को स्पर्श करना पड़ेगा। भाव चेतना के...
- उसे किस प्रयोजन के लिए प्रयुक्त किया जाय?...? निर्धारित लक्ष्य तक पहुँचने के लिए किन मान्यताओं और गतिविधियों को अपनाया जाय? यही है वह आधारभूत निर्...
- उसे किस स्तर की जिन्दगी जीनी पड़ सकती है?...? यही हमारा स्टैंडर्ड है। आप अमेरिका में जन्मे हैं तो आपका स्तर दूसरा हो सकता है। अमेरिकी नागरिक को खर...
- उसे किस स्तर की जिन्दगी जीनी पड़ सकती है?...? यही हमारा स्टैंडर्ड है। आप अमेरिका में जन्मे हैं तो आपका स्तर दूसरा हो सकता है। अमेरिकी नागरिक को खर...
- उसे किसने बोला था?...? शृंगी ऋषि ने बोला था।मित्रो! आहार-विहार के सम्बन्ध में परिष्कृत होने के लिए आपको भी तैयार होना चाहिए...
- उसे किसी आदमी की प्रशंसा से और निंदा से क्या मतलब है?...? गाली देने से क्या मतलब है? जब मैंने यह विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म-अध्यात्म तक का सारा ढाँचा...
- उसे किसी आदमी की प्रशंसा से और निंदा से क्या मतलब है?...? गाली देने से क्या मतलब है? जब मैंने यह विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म-अध्यात्म तक का सारा ढाँचा...
- उसे क्या देखना है?...? आगे की जिन्दगी को देखना है, विश्व को देखना है, वर्तमान को क्या देखना है? आगे जो भविष्य है, इसका क्या...
- उसे क्यों खर्च करना चाहिए?...? पुलिस के पास या फौज के पास बहुत सारी बन्दूकें और कारतूसें होती हैं वे इसलिए थोड़े ही उसके पास होती है...
- उसे क्यों बनना पड़ा और यह भी इधर- उधर देखकर के, कि कोई मुझे देख तो नहीं रहा?...? इस तरीके से रावण चला। रावण की दशा बहुत ही दयनीय थी। क्यों? क्योंकि उसने गलत रास्ते पर कदम रखने शुर...
- उसे क्यों भूल जाते हैं?...? नहीं महाराज जी! मैं तो रास करूँगा। बेटे, रास भी कर और महाभारत भी लड़ और पहाड़ भी उठा। नहीं महाराज जी...
- उसे खर्च कैसे कर सकते हैं?...? मनुष्य भूल कर सकता है, पर देवता भूल नहीं कर सकते। देवता आपको चीजें नहीं दे सकते जैसा कि मेरा अपना ख्...
- उसे गले लगाने से क्या फायदा?...? वहाँ लोग औलाद को घर से निकाल देते हैं और कहते हैं कि चल यहाँ तेरा कोई काम नहीं है। कारण वहाँ परिवा...
- उसे चाहे आप ने कमा लिया हो, या पा लिया हो, पर इससे आपको क्या मिला?...? आप नहीं कमायें और आपकी लॉटरी खुलवा दें, तो आपको कोई ऐतराज तो नहीं है? नहीं साहब! हमें कमाई से कुछ मत...
- उसे छोटी-छोटी कहानियों से प्रेरणा देंगे?...? गुरुजी! हमने तो बच्चों के लिए नौकर रख छोड़ा है। नौकर ही बच्चों को खिला देता है, स्नान करा देता है। अ...
- उसे जोड़े बिना मन्दिर की पवित्रता कैसे प्रतिष्ठित होगी?...? नारी जीवन के प्रति सामाजिक जीवन में आनन्द, आदर और आस्था पैदा करके ही उस विसंगति को दूर किया जा सकता ...
- उसे डंडे से पिटाई नहीं करेंगे?...? जरूर करना, जो कोई भी कहना नहीं माने।
कुटुम्बपालन का आध्यात्मिक सिद्धान्त
मित्रो! आँख, कान, ...
- उसे दर-दर, गली-गली मारा-मारा फिरने दिया जाए तो अनिष्ट क्या होगा?...? अपनी श्रद्धा और कोमलता का ही सर्वनाश होगा। उसका प्रतिफल प्रभाव जीवन के प्रत्येक क्षेत्र को कलुषित, क...
- उसे देखकर उसके भूतकाल की विचार शैली को बताया जा सकता है और आगे उसका भविष्य क्या होगा?...? इसकी भविष्यवाणी इस आधार पर की जा सकती है कि उसका विचार प्रवाह किस दिशा में प्रवाहित हो रहा है। मोड़ आ...
- उसे देखकर दर्शन सोचने लगता है कि क्या संध्या जब बड़ी होगी तो उसे पेट की शिकायत न होगी?...? क्या वह चटोरे स्वभाव को छोड़ सकेगी? इस अनियमितता का प्रभाव उसके भावी जीवन पर क्या पड़ेगा? क्या उसके ...
- उसे देने दे, उससे क्या बनता है?...? हम तो नहीं देते, हम तो नहीं करते बैर। इसलिए जलन-दाह हमारे भीतर तो नहीं है। ईर्ष्या, क्रोध हमारे भीतर...
- उसे देने दे, उससे क्या बनता है?...? हम तो नहीं देते, हम तो नहीं करते वैर। इसलिए जलन-दाह हमारे भीतर तो नहीं है। ईर्ष्या, क्रोध हमारे भीतर...
- उसे धर्म, नीति, सदाचार का ज्ञान कहाँ?...? शराब की उत्तेजना में मनुष्य पशु से भी बदतर हो जाता है और अपने मनोवेगों का गुलाम बन जाता है।...
- उसे पता रहता है कि संसार में कहाँ, क्या हो रहा है?...? कौन सी पुरानी मान्यताएँ बदल गई हैं और उनके स्थान पर कौन सी नई प्रतिस्थापनाएँ हो रही हैं? उसे यह भी ज...
- उसे पैसा चुकाना नहीं पड़ता है भगवान को?...? किसलिए चुकाना पड़ता है? इसीलिए चुकाना पड़ता है कि उसकी दुनिया का, उसकी बेटी का पेट भरता है। बेटी की दे...
- उसे बनाने में क्या पदार्थ लिए जाएँ?...? यह भी यज्ञीय विधान का एक अंग है। शक्कर, चीनी, मिश्री, मिठाई आदि का उपयोग सामान्य बात है। असामान्...
- उसे बार-बार विचार करना पड़ता है कि हमसे गलतियाँ कहाँ हुईं, क्या हुईं?...? इस प्रकार के विचार करते रहने से आदमी का बहाव ठीक रहता है। आज का दिन वह है, जिसमें हमें विचार करना हो...
- उसे बीच में एक घण्टे की छुट्टी मिलती है कि नहीं मिलती?...? हाँ साहब! एक घण्टे की छुट्टी तो मिलती है। आठ घण्टे काम होता है या नहीं? हाँ साहब! होता है। एक घण्टे रेस...
- उसे भव-बन्धन कैसे कहा जाये?...? जहाँ प्रेमी परिजनों के अनुदान निरन्तर बरसते हुए हमें कृतज्ञता में डुबो देते हैं वहाँ बन्धन कैसा, जिस...
- उसे मासिक पेमेंट तो ग्यारह सौ रुपये ही मिलते हैं, तो फिर इतना सारा पैसा वह कहाँ से लाएगा?...? इसके लिए क्या किया, उसको आपने देखा नहीं, उसने रेल की लाइनों को कमजोर कर दिया। देश को तबाह कर दिया आप...
- उसे मैं कैसे स्थिर कर दूँ?...? सारे का सारा अन्न जिसे तू खाता है, उसमें तमोगुण ही तमोगुण भरा हुआ है, रजोगुण की सीमा में भी नहीं। पू...
- उसे मैं कैसे स्थिर कर दूँ?...? सारे का सारा अन्न जिसे तू खाता है, उसमें तमोगुण ही तमोगुण भरा हुआ है, रजोगुण की सीमा में भी नहीं। पू...
- उसे यह भी ज्ञान रहता है कि इन बदलती हुई परिस्थितियों में उसका क्या स्थान और क्या कर्तव्य है?...? इस प्रकार अध्ययनशील व्यक्ति, एक जागरूक नागरिक की तरह ही जीवन जीने का सुख पाता है, न कि मूढ़मति आदमी ...
- उसे यह याद नहीं आता कि मैं क्या चीज ढूँढ़ रहा हूँ?...? मेरा कुछ खो गया है, इसका अनुभव करता है। खोई हुई वस्तु के अभाव में दुःख पाता है, किन्तु माया-जाल के प...
- उसे रखने के लिए तेरे पास जगह भी है या नहीं?...? नहीं, महाराज जी! घी दे दीजिए। अच्छा, बेटे! दे देंगे, लेकिन इसे रखेगा किसमें? महाराज जी ! कुरते में ल...
- उसे रहने दीजिए और ये बताइए कि वे कौन सी माला से जप करते थे?...? बेटे ! तू पागल आदमी है, केवल माला पूछता रहता है, मंत्र पूछता रहता है। असली माला नहीं पूछता, जो बड़ी ...
- उसे लगता है कि सेवा का लाभ सारे समाज को मिलना है, फिर भी समाज उसके लिए सहयोग नहीं देता, तो हम ही क्यों मरें-खपें?...? और यह भाव आते ही लोकसेवी की प्रखरता घटने लगती है।
यह चिन्तन उभरने का अर्थ है— ‘लोकसेवी का दृष्टिको...
- उसे लगा कि शायद पूरे पृष्ठ तो मैं ही नहीं पढ़ पाता, फिर दूसरे से क्या पूछूँ?...? और उसी क्षण उन्होंने पढ़ने व पढ़ाने की प्रतिज्ञा ली।
ऐसे थे पूज्यवर, अति उत्साह को क्रियात्मक ढंग से ...
- उसे लेने कौन आते थे?...? सब भिखारी आते थे, गरीब आते थे और पैसे बीनते थे। वह फिर फेंकता था और लोग बीनते थे। किसकी बात कह रहे ह...
- उसे विवेकशील कैसा होना चाहिए?...? उसे विवेकशील ऐसा होना चाहिए जैसा जापान का गाँधी कागावा था, जिसने परीक्षा पास करने के बाद नौकरी नहीं ...
- उसे श्रेय-सम्मान मिलने की क्या आवश्यकता है?...? पशुओं से लाभ उठाया जाता है, पर उन्हें श्रेय-सम्मान देने की आवश्यकता नहीं समझी जाती, फिर स्त्री के लि...
- उसे सद्गुणों से, सत्प्रवृत्तियों से कैसे सम्पन्न किया जार?...? सबसे बड़ा प्रश्न यही है, जिसका अगर कोई आदमी समाधान कर लेता है तो समझ लीजिए, उसने अपने भविष्य को उज्ज...
- उसे सद्गुणों से, सत्प्रवृत्तियों से सम्पन्न कैसे किया जाए?...? एक प्रश्न यही है, सबसे बड़ा, जिसको अगर कोई आदमी समाधान कर लेता है, तो समझ लीजिए उसने अपने भविष्य को उ...
- उसे सभ्य नागरिक तथा कर्तव्यनिष्ठ अध्यापक नहीं बनाएँगे?...? दृष्टिकोण बदलें, तनावमुक्त हों
मित्रो! मैं आपसे फिर कहता हूँ कि आप आज से अपना दृष्टिकोण—महत्...
- उसे समानता का स्तर देना किसे अच्छा लगेगा?...? यह दोनों ही प्रकार की झिझक बिलकुल भ्रान्तिपूर्ण है। हर नारी को और उसका हित चाहने वालों को इसे अपने म...
- उसे समानता का स्तर देना किसे अच्छा लगेगा?...? यह दोनों ही प्रकार की झिझक बिल्कुल भ्रान्तिपूर्ण है। हर नारी को और उसका हित चाहने वालों को इन्हें अप...
- उसे समानता का स्तर देना किसे अच्छा लगेगा?...? यह दोनों ही प्रकार की झिझक बिलकुल भ्रान्तिपूर्ण है। हर नारी को और उसका हित चाहने वालों को, इन्हें अप...
- उसे हम कैसे भूल सकते हैं?...? वास्तव में हम नारी को माँ, पत्नी, बहिन, बेटी कि सी भी रूप में देखें। हर रूप में वह त्याग, तपस्या, क्...
- उसे हिप्पी बनाएँगे, सिनेमा की ऐक्ट्रेस बनाएँगे, क्या करेंगे उसका?...? बेदिमाग, बेहूदापन के आगे आप अपने कुटुँब को भाड़ में झोंक रहे हैं। आप कहते हैं कि समाज में मेरी लड़की...
- उस्तरा न हो तो नाई किस प्रकार किसी की हजामत बनाए?...? बीज की महत्ता सर्वविदित है। उसके बिना न खेती होती है और न बगीचा लगता है। इतने पर भी मात्र बीज को ही ...
- उड़ाने वाले के सुपुर्द न करे, तब?...? उसको जमीन पर पड़ा रहना पड़ेगा। अगर आप भी अपने जीवन की डोर और आधार भगवान के हाथ में नहीं छोड़े तब, उसकी ...
- ऊँचा क्यों, नीचा क्यों नहीं?...? ’’ मास्टर साहब सिखाते रहे। सात दिन बाद उन्होंने आना बन्द कर दिया। गुरुजी ने कहा, ‘‘पता लगाओ, मास्टर स...
- ऊँचाई के रास्ते पर चलने के लिए आपको क्या बनना है?...? आपको लोकहित करना है या आपको भगवान का भक्त बनना है? भगवान का भक्त बनना हो तो आपको हनुमान जी को इष्टदे...
- ऊँचाई के रास्ते पर चलने के लिए आपको क्या बनना है?...? आपको लोकहित करना है या आपको भगवान का भक्त बनना है? भगवान का भक्त बनना हो तो आपको हनुमान जी को इष्टदे...
- ऊँची कैसे हो गई?...? क्योंकि वह उससे गुँथ गई, लिपट गई। आप भी भगवान में गुँथ जाइए, लिपट जाइए, फिर देखिये आपकी ऊँचाई बेल के...
- ऊँट को नकेल नहीं लगाएँ तब?...? आप बैल के नाक में रस्सी नहीं डालें तब? हाथी के ऊपर अंकुश नहीं लगाएँ तब? तब फिर आप समझ लेना, ये जानवर...
- ऊँट चराने के बाद में उन्होंने जमींदार को देखा कि उसे क्या-क्या बीमारियाँ हैं?...? ये बीमारी, वो बीमारी—कितने साल से हैं? पाँच साल से हैं। बवासीर इतने साल से, डायबिटीज इतने साल से, हा...
- ऊपर की सतह पर क्या मिलता है?...? खारा पानी होता है। समुद्री फेन वगैरह तैरते फिरते हैं और बहुत सी बेकार चीजें घूमती फिरती हैं। समुद्र ...
- ऊपर जाने का रास्ता किधर है?...? ’’ और घर के एक व्यक्ति को आगे करके वे सीढ़ियों की तरफ गये। वे सीढ़ियाँ चढ़ ही रहे थे कि पता नहीं क्या ह...
- ऊर्जा भी निकल सकती है?...? हाँ, निकल सकती है। शर्त ये है कि आप उसको धोएँ।साधना किसकी? अरे! साधना आपकी अपनी-अपनी। देवता की? देवत...
- ऋण ग्रस्त को मोक्ष मिलना कैसा?...? हमें अपने समय और धन के एक निश्चित अंश सर्वोत्तम माने जाने वाले ज्ञान यज्ञ के लिए, पिछड़ों को आगे बढ़...
- ऋत क्या है?...? ऋत उसे कहते हैं, जिसमें कीमती चीजें जुड़ी हुई हैं, साजो—सुरक्षा-शाली-अन्तःप्रेरणा। ऋत जिस किसी के हिस...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा अर्थात गायत्री को प्राप्त करने के लिए हमें क्या करना होगा या क्या करना चाहिए?...? पुराणों की कहानियाँ जिसको आपने सब कुछ मान लिया है। जिसको आपने जाने क्या मान लिया है, जाने क्यों मान ...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा किसको कहते हैं?...? ऋतम्भरा प्रज्ञा उसे कहते हैं, जो आदमी को उछाल देती है, ऊपर की तरफ। ऊँचे उठे हुए व्यक्ति का दायरा बड़ा...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा कैसी होती है?...? बेटे ऐसी होती है ऋतम्भरा प्रज्ञा जिसको जो कोई भी आदमी अपने काम में लाएगा उसको कई तरीके अख्तियार करने...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा क्या है?...? वह प्रज्ञा, वह धारणा, वह निष्ठा जो आदमी को ऊँचा उठा देती है, ऊँचा उछाल देती है। जिसकी प्रेरणा से आदम...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा गायत्री मंत्र की शक्ल और सूरत हमको बताइए कि गायत्री माता किसे कहते हैं?...? गायत्री माता उसे कहते हैं बेटे, जो एक जवान महिला है। जवान महिला के दो पैर हैं। एक भौतिक पहलू और दूसर...
- ऋतम्भरा से क्या मतलब?...? ब्रह्मविद्या। ब्रह्मविद्या से क्या मतलब? ब्रह्मविद्या से यह मतलब है कि जो कुछ भी मानव-जीवन की श्रेष्...
- ऋतम्भरा-प्रज्ञा किसको कहते हैं?...? ऋतम्भरा-प्रज्ञा उसे कहते हैं जो आदमी को उछाल देती है ऊपर की तरफ। ऊँचे जाने वाली चीजों को कभी आपने दे...
- ऋतम्भरा-प्रज्ञा कैसी होती है?...? बेटे! ऐसी होती है ऋतम्भरा-प्रज्ञा जिसको जो कोई भी आदमी अपने काम में लाएगा उसको कई तरीके अख्तियार करन...
- ऋतम्भरा-प्रज्ञा क्या है?...? वह प्रज्ञा, वह धारणा, वह निष्ठा—जो आदमी को ऊँचा उठा देती है। ऊँचा उछाल देती है जिसकी प्रेरणा से आदमी...
- ऋद्धि और सिद्धि कौन थीं?...? गणेश जी की औरतें थीं। अच्छा गणेश जी कौन थे? शिव और पार्वती ने जब ब्याह कर लिया था, तो उस विवाह के फल...
- ऋद्धि क्या होती है?...? ऋद्धि बेटे, आन्तरिक विभूतियों को कहते हैं और सिद्धि? सांसारिक सफलताएँ सिद्धियाँ कहलाती हैं और आन्तरिक ...
- ऋद्धि बेटे, आन्तरिक विभूतियों को कहते हैं और सिद्धि?...? सांसारिक सफलताएँ सिद्धियाँ कहलाती हैं और आन्तरिक विशेषताएँ—आत्मबल से लेकर अच्छे गुणों की संपदाएँ ऋद्ध...
- ऋषि की क्या आज्ञा है?...? उन्होंने कहा कि जीवन का थोड़ा-सा समय बचा हुआ है। मनुष्य की सबसे बड़ी बुद्धिमानी यही है कि उस बचे हुए...
- ऋषि की वाणी से नहीं निकलते, तब?...? तब वह दिल्लगीबाजी है, मखौल है।
राम-नाम और नारायण का नाम लेने से कोई मुक्ति हो सकती है? भाई स...
- ऋषि दधीचि असफल हो गये कि सफल?...? असफल हो गये। बेचारे को अपनी हड्डियाँ तक देनी पड़ीं। ये सभी नुकसान उठाने वाले लोग हैं, जिनको लोगों न...
- ऋषि परम्परा की तो चर्चा ही क्या की जाय?...? सन्त और सुधारकों की पीढ़ी भी धीरे-धीरे बब्बर शेरों की तरह घटती विलुप्त होती चली जा रही है। राजतन्त्र ...
- ऋषि मुनियों द्वारा धर्म की रचना क्यों की गई?...? २. धर्म का प्रथम आधार क्या है? उसकी पृष्ठभूमि बतायें? ३. ईश्वर के सामने हमारी चतुरता क्यों नहीं चल स...
- ऋषिकालीन आयुर्विज्ञान का पुनर्जीवन कर शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य को कैसे अक्षुण्ण बनाया जा सकता है?...? गायत्री की शब्द शक्ति एवं यज्ञाग्नि की ऊर्जा कैसे व्यक्ति को सामर्थ्यवान एवं पवित्र तथा काया को जीवन...
- ऋषियों और महामानवों की पुण्य परम्परा के पीछे भगवान का सूत्र संचालन देखा जा सकता है, अन्यथा लोभ मोह के पतनोन्मुख प्रवाह को चीरकर मछली की तरह उलटा चलने और प्रचलन से भिन्न स्तर की रीति नीति अपनाने की उमंग किसे उठे?...? क्यों उठे? सरल सुविधा को छोड़कर झंझट में पड़ने और कष्ट सहने के लिए कोई क्यों दुस्साहस अपनाये।युग परि...
- ऋषियों की निष्ठा को ऊँचा उठाने के लिए किस तरह से वे अपने आपके लिए तबाही मोल लेते थे और किस तरीके से गरीबी मोल लेते थे?...? कि तरीके से कष्ट उठाते थे? इसे हमको जिन्दा करना है। इसलिए आप पीला कपड़ा जरूर पहनना, जिससे कि लोगों ...
- ऋषियों की वजह से हिमालय धन्य हुआ, नहीं तो हिमालय में क्या बात है?...? इससे ऊँचे-ऊँचे और भी पहाड़ हैं। सारी दुनिया में पहाड़ों की कोई कमी है क्या? उत्तराखण्ड इसी वजह से प्रख...
- ऋषियों के आश्रम में कहीं पलंग थे?...? कहीं नहीं थे। फोम के गद्दे थे? कहीं नहीं थे। बच्चे जमीन पर पड़े रहते थे। बेचारे राजकुमारों को भी जमी...
- ऋषियों के पास किसकी महत्ता थी, क्या महत्ता थी-बताइए?...? विद्वान थे, किताब पढ़े थे? नहीं पढ़े थे वहाँ तक जहाँ तक हम लोग पढ़े हैं। क्या वे लोग इतने ही ज्ञानी ...
- ऋषियों के पास तो मकान भी नहीं थे, घर भी नहीं थे, व्यापार भी नहीं थे, नौकरी भी नहीं थी, साधन भी नहीं थे, बैंक बैलेन्स भी नहीं था, फिर उनकी तरक्की हुई कि नहीं?...? हाँ, हुई। जितने भी सन्त हुए हैं, ऋषि हुए हैं, वे सब गरीब थे कि नहीं थे? हाँ, गरीब थे। पैसे हमको दिलव...
- ऋषियों के पास सम्पत्ति कहाँ थी?...? ऋषियों ने जो बाँटा प्यार बाँटा, ज्ञान बाँटा, प्रकाश बाँटा। आपके पास भी ये चीजें हैं, लेकिन आपने कहाँ...
- ऋषियों के सूक्ष्म शरीरों के दर्शन एवं हमसे मन नहीं भरा?...? ’’ अपने मन में अविश्वास जैसी बात, कोई दूसरा खोजने जैसी बात स्वप्न में भी नहीं उठी थी। मात्र बाल कौतू...
- ऋषियों में क्या बात थी खास बताइए जरा?...? ऐसे ही हाथ थे, उनके ऐसे ही पाँव थे, ऐसी ही उनकी टाँगे थीं, ऐसे ही उनका सारा शरीर था। जैसे हमारे-आपके...
- एक अँगरेज ने हँसकर कहा-जो संस्कार दीन और दरिद्र बनायें उनकी उपयोगिता क्या है?...? वह सज्जन बहुत लज्जित हुये और सोचने लगे हमें संस्कारों के बाह्य रूप की नहीं उनके आदर्शों की रक्षा करन...
- एक अकेले शरीर से इतना बड़ा काम कैसे हो पायेगा?...? मेरे पाँच शरीर हैं न। एक शरीर तो हिमालय में तप करता रहता है, अन्य शरीरों से युग निर्माण के बड़े कार्य...
- एक अपने लिए, एक अन्तःकरण के संशोधन के लिए और एक अपने शरीर को सामर्थ्यवान बनाये रखने के लिए और?...? और सविता का ध्यान करेंगे। गायत्री जप के साथ-साथ में सविता आपको बल दे और ज्ञान-बुद्धि दे। अर्घ्यदान क...
- एक अवतार के एक अक्षर में क्या शिक्षा है?...? क्या प्रेरणा है? क्या दिशा-धाराएँ हैं? क्या मनुष्य जाति के लिए आदर्श उपस्थित करते हैं ये? एक अक्षर क...
- एक आँख प्यार की और एक आँख सुधार की अर्थात बच्चे गड़बड़ी करते हैं, तो उन्हें कैसे समझाया जाय और कैसे मनाया जाय?...? उनको धमकाना कैसे चाहिए और अपनी नाराजगी कैसे जाहिर करनी चाहिए, यह बातें आप कुटुम्ब में रहकर सीख सकते ...
- एक आदमी अपनी ख्वाहिशों को पूरा नहीं कर सकता?...? लेकिन एक आदमी इतने ज्यादा मनुष्यों के, इतने ज्यादा किस्म की सहायता करने में समर्थ है। हाँ! मैं कहता ...
- एक आदमी के पाँच, पाँच के पच्चीस और पच्चीस के कितने और कितने के कितने?...? गुणनफल बनाते चले जाइये और आप देखेंगे कि यही प्रक्रिया बच्चे पैदा करने की-औलाद पैदा करने की आदमी की ह...
- एक आदमी के लिए कब तक एक सिलेंडर चल सकता है?...? अगर एक आदमी सारे दिन लगाए रखे तो दो तीन दिन में खत्म हो जाएगा। हवा आपकी नाक में ऑक्सीजन की नली लेकर ...
- एक आदमी के लिए कब तक एक सिलेंडर चल सकता है?...? अगर एक आदमी सारे दिन लगाए रखे तो दो-तीन दिन में खत्म हो जाएगा। हवा आपकी नाक में आक्सीजन की नली लेकर ...
- एक आदमी क्यों खायेगा?...? इस देश में असंख्य मनुष्य भूखे हैं, पीड़ित हैं, दुःखी हैं, दरिद्र हैं, उनको क्यों नहीं दिया जा...
- एक आदमी था, उसने सोचा देखना चाहिए, इंक्वारी (निरीक्षण) करना चाहिए, वो कौन-सा मंत्र है?...? इसकी विधि और कर्मकाण्ड में क्या फर्क है? क्या कमाल है? उन्होंने विधि और कर्मकाण्ड के बारे में पूछा—स...
- एक आदमी नया जमाना ला सकता है?...? एक आदमी लोक-समाज में हलचल पैदा कर सकता है? नहीं, ऐसा नहीं हो सकता।मित्रो! फिर यह हलचल कौन पैदा करत...
- एक आदमी नया जमाना ला सकता है?...? एक आदमी लोक-समाज में हलचल पैदा कर सकता है? नहीं, ऐसा नहीं हो सकता।मित्रो! फिर यह हलचल कौन पैदा करता ...
- एक आदमी ने पूछा-गड्ढा क्यों भर रहे हो?...? उसने बताया-मैंने सुना है यहाँ देश के सैनिक गुजरेंगे इसलिये भर रहा हूँ कहीं वे लोग अँधेरे में इस गड्ढ...
- एक आदमी फिजाँ बदल सकता है?...? एक आदमी नया जमाना ला सकता है? एक आदमी लोक-समाज में हलचल पैदा कर सकता है? नहीं, ऐसा नहीं हो सकता।मि...
- एक आदमी फिजाँ बदल सकता है?...? एक आदमी नया जमाना ला सकता है? एक आदमी लोक-समाज में हलचल पैदा कर सकता है? नहीं, ऐसा नहीं हो सकता।मित्...
- एक आदमी लोक-समाज में हलचल पैदा कर सकता है?...? नहीं, ऐसा नहीं हो सकता।मित्रो! फिर यह हलचल कौन पैदा करता है? नया जमाना कौन लाता है? एक हवा आती है। ...
- एक आदमी लोक-समाज में हलचल पैदा कर सकता है?...? नहीं, ऐसा नहीं हो सकता।मित्रो! फिर यह हलचल कौन पैदा करता है? नया जमाना कौन लाता है? एक हवा आती है। ठ...
- एक आदमी सड़क पर पेशाब करता है, गन्दगी कर देता है, तो क्या आपको भी यही करना चाहिए?...? नहीं, दूसरा आदमी गलती करता है, तो करे। मसलन आपकी बीबी गलती करती है, तो करे, आपके माँ-बाप गलती करते ह...
- एक आदर्श विद्यार्थी एवं आदर्श नागरिक के रूप में आपके क्या कर्तव्य है?...?
४. घर में अपनी माँ एवं पिता जी की आप क्या-क्या मदद कर सकते हैं?
५. आपके आदर्श महापुरुष कौन-कौन हैं ...
- एक एक आदमी?...? दस दस आदमियों को अख़बार, पत्रिका पढ़ाता है इन सबको कह दिया है कि अखण्ड ज्योति जहर भी जाए दम दस आदमियो...
- एक एक कमेटी बैठायी गयी और एक आयोग नियुक्त किया गया, जो इस बात की इन्क्वायरी करे कि दंगा होने की वजह क्या थी?...? दंगा होने की वजह जब मालूम की गयी, तो यह मालूम हुआ कि जो दंगा हुआ था, इसलिए हुआ था कि ब्राह्मणों और...
- एक एक्जाम्पल पेश कर रहा हूँ कि आपको क्या करना चाहिए?...? गायत्री माता का साक्षात्कार करना चाहिए। गायत्री माता का साक्षात्कार करने के लिए पहले आप भूत को पकड़िए...
- एक ऐसी सती-साध्वी नारी को इन्होंने घर से क्यों निकाला?...? यह हिम्मत किसने दी? यह हिम्मत माँ ने दी।
माँ ने जंगल में रहते हुए भी दोनों बच्चों को गढ़ा और ऐसे...
- एक ओर तो हम अन्न को देवता कहें और दूसरी ओर उसे इस प्रकार तिरस्कृत स्थिति में फेंक दें, यह कितनी बुरी बात है?...? जूठन भंगी के आगे फेंक दी जाती है, वह उसे समेट ले जाता है। अपने सुअर और जानवरों के आगे डाल देता है। ल...
- एक ओर हमारे द्वारा परेशान किया जाना और दूसरी ओर मोहब्बत किया जाना, क्या यह माँ का त्याग नहीं है?...? माँ का प्यार नहीं है? चिड़िया का अण्डा जिन्दा रह सकता था, पर हम बिना माँ के जिन्दा नहीं रह सकते थे। अग...
- एक और कारण भी है कि आर्थिक दृष्टि से नारी का कमजोर होना उसके लिए कितना अभिशाप हो जाता है?...? आपकी कमाई और आपकी बुद्धि का एक हिस्सा इस काम के लिए लगना चाहिए। नारी ने पुकार की है कि हमारी आर्थिक ...
- एक और बात आपको जाननी पड़ेगी कि आपके ऊपर जिम्मेदारियाँ क्या हैं?...? आपको अपनी जिम्मेदारियों को अनुभव करना पड़ेगा। आपके ऊपर बड़ी जिम्मेदारियाँ हैं, युग को बदलने की जिम्म...
- एक और ब्रह्म है?...? जिसको आपको अपने ढंग से बनाना है। वो कौन सा परब्रह्म है वो आपको अँग्रेजी में इसको सुपर चेतन कहते हैं।...
- एक और भी ब्रह्म है?...? अँग्रेजी में इसको सुपरकान्शस (सुपर चेतन) कहते हैं। वेदान्त की भाषा में इसको ‘स्व’ कहा गया है, आत्मा ...
- एक औरत को हैरान किया है न, बेचारी ने आपकी वजह से नौ महीने पेट में वजन रखा, कष्ट उठाया, छाती का दूध पिलाया, फिर आप क्यों कष्ट नहीं उठायेंगे?...? आप भी कोल्हू में चलिए, आप भी मुसीबत उठाइए। आपको भी बीस साल की कैद होती है। बीस साल का बच्चा जब तक न ...
- एक कटोरी पानी को आप समझते भी हैं कि क्या कमाल करता है?...? हम तो ज्यादा पानी पी लेंगे। हाँ. मैं जानता हैं कि आप एक कटोरी पानी, एक गिलास पानी, एक लोटा पानी पी स...
- एक कटोरी पानी क्या खाना पकाएगा?...? अरे बेटे! एक कटोरी पानी को आप समझते भी हैं कि क्या कमाल करता है? हम तो ज्यादा पानी पी लेंगे। हाँ. मै...
- एक कण जरा सा निकाल दें, क्या इकाई है बिचारे की?...? संयुक्त होने पर ही बात बनती है। इसीलिये अपने आपके दायरे को सीमित मत कीजिए। आप संकीर्ण स्वार्थपरता से...
- एक कमाता है, बाकी लोग जो समर्थ हैं, बड़ी उमर के हैं और जो काम करने में समर्थ हैं, उनको काम क्यों नहीं मिलना चाहिए?...? इतने आदमियों की श्रम शक्ति बेकार चली जाए तो राष्ट्रीय उत्पादन में कमी होना स्वाभाविक ही है। एक ही आद...
- एक का फोटो छप गया, इससे क्या हुआ?...? अरे साहब! हमारा फोटो छप गया। हाँ बेटे, भीड़ में से उछलकर जो कैमरे के सामने आ जायेगा, उसी का फोटो छप ज...
- एक काम आपको यह करना पड़ेगा कि आपके भीतर जो भी संचित मल, आवरण और विक्षेप हैं, जो भी विषाणु भरे पड़े हैं, उनकी ओर गौर करना पड़ेगा और गौर ही नहीं, बल्कि निकालना भी पड़ेगा, जद्दोजहद करनी पड़ेगी, लड़ना पड़ेगा कि आपका पिछला जीवन कैसे कुसंस्कारों से भरा पड़ा हुआ है और उन कुसंस्कारों को दूर करने के लिए आपको क्या करना चाहिए और यह कैसे सम्भव है?...? प्रायश्चित्त प्रणाली हमारी यही है। इसमें यह बताया जाता है कि आदमी की आध्यात्मिक उन्नति में सबसे बड़ी ...
- एक काम पर लगे हुए विचार न जाने कहाँ-से पहुँच जाते हैं?...? कालिदास का मन जब तक हमारी, आपकी तरह घूमता रहा, तब तक बुद्धू बना रहा, लेकिन जब उनकी पत्नी ने धमकाया क...
- एक कुटुम्ब बनाकर बैठे हैं और उस कुटुम्ब को हम कौन-सी रस्सी से बाँधे बैठे हैं?...? प्यार की रस्सी से बाँधे हुए हैं, आत्मीयता की रस्सी से बाँधे हुए हैं, भावना की रस्सी से बाँधे हुए हैं...
- एक को मार्गदर्शन मिले, प्रकाश मिले, सम्बल मिले और दूसरे को प्रेरणा व प्रोत्साहन तो दूर, मानवीय जीवन की गरिमा ही समझने न दी जाए, यह कहाँ का न्याय और कैसी सभ्यता है?...? शहरों की बात दूसरी है जहाँ सामाजिक जीवन अब नई करवट लेता जा रहा है, पर गाँवों में आज भी स्थिति यह है ...
- एक को श्रेय मिल गया, इससे क्या हुआ?...? एक का फोटो छप गया, इससे क्या हुआ? अरे साहब! हमारा फोटो छप गया। हाँ बेटे, भीड़ में से उछलकर जो कैमरे क...
- एक कोई सन्त आया और उसने कहा—क्या मरने का मन है?...? नहीं महाराज जी! मरने का तो मेरा मन नहीं है। जीना तो चाहता हूँ, पर मौत हमारे पास आ गई। उन्होंने कहा—न...
- एक कोने में रखो आपकी इच्छा क्या है?...? हम कहते हैं—अपनी इच्छा को एक कोने में रखिये। भगवान की इच्छा क्या है? समय की माँग क्या है? प्रज्ञावता...
- एक कौम जप सकता है?...? इसका मतलब है कि तीन-चौथाई आदमी उससे ताल्लुक नहीं रख सकते। उस पर एक चौथाई आदमियों का ही अधिकार है। सू...
- एक क्या, आप चार पैसे ले लीजिए?...? उन्होंने कहा—सवाल एक पैसे का नहीं है, सवाल उस निष्ठा का है, जो कि व्यक्तियों ने हमारी प्रामाणिकता सम...
- एक क्षण को लगा, क्या हम सत्य देख रहे हैं?...? इतने में पूज्यवर ने मेरी बेटी से कहा, ‘‘बेटी! मैं यहीं रहता हूँ। केवल दुनिया वालों को दिखाई नहीं देत...
- एक गति का क्रम बन जाता है, तो फिर क्या हो जाता है?...? क्या है पहचान की आपकी गति ठीक बन रही है कि नहीं? क्या पहचान है इसकी कि स्पीड (गति) इतनी होती है, न व...
- एक गाना गाओ, कविता ही सुना दो, अच्छा जरा नाचना तो, अरे भाई शर्माने की क्या बात है?...? जरा सुना ही दो, आपके बार-बार ऐसा कहने से वह सचमुच में शर्माने लगेगा या फिर अपना महत्त्व बनाए रखने के...
- एक गाय इतना युद्ध कर सकती है?...? यह गाय बड़ी जबरदस्त है। इस गाय को प्राप्त करने के लिए हमको प्रयत्न करना चाहिए। गुरु वसिष्ठ ने जिस तरह...
- एक घण्टे की कीमत, आदमी के दिमाग की कीमत कितनी होती है?...? आदमी के दिमाग की कोई भी तुलना नहीं कर सकता। आदमी के शरीर की शक्ति की तुलना कोई भी नहीं कर सकता और आद...
- एक घण्टे रेस्ट मिलता है या नहीं मिलता?...? हाँ साहब! मिलता है। तो आठ घण्टे हो गये या नहीं? हाँ साहब! आठ घण्टे हो गये।मित्रो! एक लाख आदमी हमारा कह...
- एक घूँट चाय से आप भगवान का, समाज का और देश का—सबका ऋण पूरा कर लेंगे क्या?...? आप हर काम में महँगाई बरदाश्त कर रहे हैं। खाने में महँगाई बरदाश्त कर रहे हैं, कपड़े में महँगाई बरदाश्...
- एक घड़े से आपका क्या काम बनेगा?...? सन्त तुकाराम ने दूसरे घड़े का पानी भी गधे के मुँह में डाल दिया। दोनों घड़ों का पानी पीकर गधा खड़ा हो गया...
- एक चमची से भगवान जी तो नहा भी लेते हैं और ‘‘आचमनं समपर्यामि’’—बेटे, तेरे मुँह पर जम रही है धूल, ले एक चमची जल से अपना मुँह धोकर तो दिखा?...? महाराज जी! इतने पानी से तो मुँह नहीं धुलेगा, तो कितने से धुलेगा? महाराज जी! कम-से एक लो...
- एक चम्मच में आचमन करा देगा?...? एक चम्मच में—‘‘पाद्यं समर्पयामि’’—पाद्य धो देगा? एक चम्मच में स्नान करा देगा और एक चम्मच में सब काम ...
- एक चम्मच में स्नान करा देगा और एक चम्मच में सब काम करा देगा?...? ऐसा नहीं हो सकता। बेटे, यही पसीने की बूँदों से ताल्लुक है और अपने श्रम को, अपने स्वभाव को नम्र, सरल,...
- एक चम्मच में—‘‘पाद्यं समर्पयामि’’—पाद्य धो देगा?...? एक चम्मच में स्नान करा देगा और एक चम्मच में सब काम करा देगा? ऐसा नहीं हो सकता। बेटे, यही पसीने की बू...
- एक चिट्ठी दिखाते हुए उन्होंने पूछा, ‘‘इसे जानते हो?...? ’’ उस समय चौके में टीकमगढ़ की एक लड़की रहती थी, सुधा श्रीवास्तव, उसके पिता हरी राम श्रीवास्तव जी का पत...
- एक छोटा सा वकील वल्लभ भाई पटेल क्या से क्या बन गया?...? हिन्दुस्तान का गृहमंत्री। छोटा सा मौलाना अबुल कलाम आजाद क्या हो गया? हिन्दुस्तान का शिक्षामंत्री। पं ज...
- एक छोटा-सा वकील वल्लभभाई पटेल क्या-से-क्या बन गया?...? हिन्दुस्तान का गृहमंत्री। छोटा-सा मौलाना अबुल कलाम आजाद क्या हो गया? हिन्दुस्तान का शिक्षामंत्री। पं० ...
- एक जगह संगठित बैठे रहेंगे तो अच्छाई घर-घर कैसे फैलेगी?...? अच्छाइयाँ फैलाने के लिए फैलना ही पड़ेगा, वह गुरुनानक ने अपने शिष्यों से कहा। हमारे मिशन के इतिहास मे...
- एक जगह संगठित बैठे रहेंगे, तो अच्छाई घर-घर कैसे फैलेगी?...? अच्छाइयाँ फैलाने के लिए फैलना ही पड़ेगा, ऐसा गुरु नानक ने अपने शिष्यों से कहा।"
गुरुदेव का आदेश य...
- एक टिकट कितने रुपए का आया है?...? साहब! तीन सौ इक्यावन रुपए का है। अच्छा साहब! चारों धाम की यात्रा करने के बाद में अब क्या हो सकता है?...
- एक टिकट कितने रुपये का आया है?...? साहब! तीन सौ इक्यावन रुपये का है। अच्छा साहब! चारों धाम की यात्रा करने के बाद में अब क्या हो सकता है...
- एक टोकरी में मैं कुछ प्राकृतिक (सच्चे) फूल डाल दूँ और एक बनावटी, तो क्या तुम आँखे बन्द करके नकली फूल निकाल दोगे?...? ’’
बालक-‘‘हाँ।’’
किसी एक बालक को आगे बुलाकर उसकी आँख पर पट्टी बाँधकर नकली फूल निकालने को कहा जाता है...
- एक तो दूसरे आदमी ने आपको नुकसान पहुँचाया, नुकसान नंबर एक और एक आपने फिर नई बीमारी और शुरू कर ली डाह की, ईर्ष्या की, प्रतिशोध की, घृणा की, इन सारी चीजों को आप बनाए रखेंगे तो फिर आप कैसे जिएँगे, बताइए न?...? तब फिर आप बाहर से भी पिसेंगे और भीतर से भी पिसेंगे। तो फिर आप मरेंगे कि नहीं। आप ऐसा मत कीजिए।आप क्य...
- एक तो सारी शक्ति को खराब करते हैं और एक आदमी ने क्या कर रखा है?...? इस एक आदमी की कीमत? उसकी कीमत ढाई सौ रुपया हो सकती है, पाँच सौ रुपया हो सकती है, छह सौ रुपया हो सकती...
- एक तो हिन्दू धर्म का आरम्भ से लेकर अन्त तक प्राचीनकाल के ऋषियों का अनुवाद किसने किया है?...? सारी दुनिया हमको जानती है। दुनिया का हर विश्वविद्यालय हमको जानता है कि आचार्य जी एकमात्र ऐसे आदमी ...
- एक था पूषा, आपने सुना है कभी?...? पूषा तो साहब! बिहार में है, जहाँ गेहूँ की फसल तलाशी जाती है। अरे नहीं बेटे! वो नहीं है। पूषा एक देवत...
- एक दिन इस तैयारी में लगा रहा कि मुझको अब क्या करना चाहिए?...? शुकदेव जी के पास खबर भेजी। स्वयं कथा सुनने का निश्चय किया। सामान मँगाकर तैयारी की। सात दिन में से दो...
- एक दिन उनके एक मित्र को इस पर बहुत आश्चर्य हुआ और वह पूछ ही बैठा ‘‘आप बार-बार दर्पण में चेहरा क्यों देखते हैं?...? ’’
सुकरात बोले ‘‘मैं सोचता हूँ कि अपनी इस कुरूपता का प्रतिकार मुझे अपने कार्यों की सुन्दरता को बढ़ाकर...
- एक दिन उन्होंने अपने शिष्य हरिश्चन्द्र से पूछा कि क्या हम आपको मार डालें, आपको तबाह कर दें?...? तो उन्होंने कहा कि आपने जब इसके द्वारा ही महानता प्राप्त की है तो हम भी जलने के लिये तैयार हैं, आप स...
- एक दिन उन्होंने कच से विवाह का प्रस्ताव किया तो कच ने कहा बहन तुम मेरे गुरु की पुत्री हो मेरी बहन के समान हो तुम से विवाह कैसे करूँ?...? देवयानी ने कहा-तुम मुझसे शादी नहीं करते तो शाप देती हूँ कि मेरे पिता की दी हुई सारी विद्या भूल जाओ। ...
- एक दिन उन्होंने बताया, ‘‘मेरे पास कल एक महिला आई और बोली आप गुरुजी के पुत्र हैं?...? ’’ मैैंने कहा, ‘‘हाँ।’’ फिर वह बोली, ‘‘मैं आपको कुछ बताना चाहती हूँ। आप मेरी बात सुनें। मैं आपका अहस...
- एक दिन उसका नन्हा वाला बच्चा भी साथ लगा चला आया-पुजारी स्मृति कर रहा था हे प्रभु तुम सबसे प्यार करने वाले, सब पर करुणा लुटाने वाले हो, अभी वह इतना ही कह पाया था कि बच्चा बोल उठा-पिता जिस भगवान के पास इतने दिन रहने पर भी आप करुणा और प्यार करना न सीख सकें उस भगवान के होने न होने से क्या लाभ?...? पुजारी को अपनी भूल मालूम पड़ गई और वह उस दिन से आत्म निरीक्षण व आत्म सुधार में लग गया।...
- एक दिन उसका लड़का सुन्दर चित्र बनाकर लाया और उसे दिखाते हुए बोला पिताजी यह तस्वीर कैसी है?...? नास्तिक बोला बहुत अच्छी। मगर यह शक्ल खींची किसने? लड़का बोला-मेरे स्कूल में स्याही, कागज, रंगीन पेंसि...
- एक दिन उसने माता से पूछा-हम लोग जहाँ रहते हैं, क्या उससे बड़ा इस दुनिया में और कुछ है?...? माता ने बालक को संसार के विस्तार के बारे में बहुत कुछ बताया और कहा इस सबका निर्माता एक ईश्वर है। बाल...
- एक दिन एक सम्बन्धी ने कहा-इतने कम रुपयों में तो आप मरने के बाद दाह संस्कार के लिये भी पैसे नहीं बचा सकेंगे?...? तिलक ने हँसकर कहा-ब्राह्मण का काम समाज को निष्काम भाव से शिक्षित, और सदाचारी बनाने का है उसके निर्वा...
- एक दिन एक सेर घी खा लें और एक महीने तक जरा भी न खाएँ, एक दिन सौ दण्ड पेलें और बीस दिन तक व्यायाम का नाम भी न लें, तो उस ज्वार-भाटे जैसे उत्साह के उठने व ठंडे होने से क्या परिणाम निकलेगा?...? नियत समय पर काम करने से अन्तर्मन को उस समय वही काम करने की आदत भी पड़ जाती है और इच्छा भी होती है। चा...
- एक दिन एक सेर घी खालें और एक महीने तक जरा भी न खायें, एक दिन सौ दण्ड पेलें और बीस दिन तक व्यायाम का नाम भी न लें तो उस ज्वार भाटे जैसे उत्साह के उठने व ठण्डे होने से क्या परिणाम निकलेगा?...? नियत समय पर काम करने से अन्तर्मन को उस समय वही काम करने की आदत भी पड़ जाती है और इच्छा भी होती है। चा...
- एक दिन चर्चा के दौरान पण्डित लीलापत शर्मा जी ने उनसे पूछा कि युग साहित्य के प्रसार के लिए इतना उत्साह आपमें कैसे पैदा हुआ?...? तो उन्होंने अपना संस्मरण बतलाया-
‘‘बात सन् 60 के दशक की है, तब पूज्य गुरुदेव मथुरा में ही थे। सस्ता...
- एक दिन नहीं खायेगा, तो तेरा क्या हो जायेगा?...? हाँ पिताजी, एक दिन नहीं खाऊँगा, तो मेरा कुछ हर्ज नहीं होगा। बेटे, समाज के प्रति हम अपने कर्तव्य को ब...
- एक दिन पूज्य गुरुदेव ने उनसे पूछा ‘‘बेटे, तुम्हारे कितने बच्चे हैं?...? ’’ बोले, ‘‘गुरुजी, दो बच्चे हैं। एक लड़का, एक लड़की।’’ पूज्यवर वहीं से अपनी सूक्ष्म दृष्टि से देख रहे ...
- एक दिन बीबी राबिया से एक व्यक्ति ने कहा-इबलीस तो आपकी दिन-रात बुराई करता है आप क्यों नहीं करतीं?...? इस पर राबिया ने उत्तर दिया वह भी तो उसी भगवान् का पुत्र है जिसकी मैं हूँ अपने भाई की बुराई मैं कैसे ...
- एक दिन भोजन परोस कर उसकी पुत्र वधू ने पूछा-तात भोजन कैसा है कोई त्रुटि तो नहीं?...? मृगारी श्रेष्ठ ने कहा-आयुष्यमती तुमने मुझे सदैव ताजा और स्वादिष्ट भोजन दिया है। इस पर पुत्र वधू ने ह...
- एक दिन मन में विचार आया कि गुरुजी को मैं जानता नहीं फिर भी इतना विश्वास क्यों कर रहा हूँ?...? पत्नी से कहा पता नहीं कब माहौल अनुकूल बनेगा? मेरा विचलन देखकर पत्नी बहुत आक्रोशित हुई और बोली, ‘‘खबर...
- एक दिन मनीषी ने राजकुमार से पूछा- तुम क्या बनना चाहते हो यह तो बताओ?...? तब तुम्हारी शिक्षा का क्रम ठीक से बनेगा।
राजकुमार ने उत्तर दिया- वीर योद्धा।
मनीषी ने उसे समझाया, यह...
- एक दिन माँ से पूछा, ‘‘माँ जीवन में गुरु बनाना आवश्यक होता है क्या?...? ’’ माँ ने कहा, ‘‘हाँ बेटे, शास्त्रों में कहा गया है कि बिना गुरु बनाये कोई भी पुण्य कार्य करने पर वे...
- एक दिन मान लीजिए फोड़ भी दे, तो रोजाना कैसे करेंगे?...? आप उनके पास किस तरीके से रहेंगे? वो अपना काम छोड़कर आपके पास कैसे आएँगे? इसलिए एक ही तरीका है सत्संग...
- एक दिन मुझे बुलाया और बोलीं, ‘‘घर की याद आती है?...? माँ की याद आती है? मैं हूँ न तेरी माँ। तू मेरे पास आ जाया कर। मैं तुम्हारी माँ, बाप सब हूँ। लो पानी ...
- एक दिन मेरे मन में ख्वाब आया कि मैं गाँधी जी हो जाऊँ तो कितना अच्छा होगा, फिर विचार आया कि गाँधी बनना कौन सिखाएगा?...? गाँधी बनना तो महात्मा गाँधी ही सिखा सकते हैं और कोई नहीं सिखा सकता। मैं गाँधी जी के पास जाऊँगा और यह...
- एक दिन मैंने आपको बताया था कि हमारा जीवन कैसा होना चाहिए और हम क्या बनना चाहते हैं?...? हमारा लक्ष्य क्या है? इसके लिए हमने अपने-अपने इष्टदेव मुकर्रर किए हुए हैं। एक दिन मैंने ताजमहल का हव...
- एक दिन राजस्थान की एक महिला केसर बाई ने उनसे पूछ ही लिया—‘‘बहन यह पुरुषों का काम क्यों कर रही हैं?...? ’’‘‘यह पुरुषों का काम है?’’ ‘‘और नहीं तो क्या........?’’‘‘सही कहा जाए तो, यह महिलाओं का काम है।’’ ‘‘...
- एक दिन वह भगवान् से जाकर बोला-प्रभु आपसे जो कुछ माँगा धन, सम्पत्ति, स्त्री, पुत्र सब कुछ मिला फिर भी सुखी नहीं हो पाया सो क्यों?...? भगवान् हँसे और बोले इसलिए कि तू भी वही चाहता है जो कोई भी सांसारिक सुखों में आसक्त चाहता है। अब तू आ...
- एक दिन, एक छोकरी उनके पास आयी और पूछा—कागावा आप कहाँ जाते हैं?...? उस लड़की को वे ट्यूशन पढ़ाते थे। उन्होंने कहा—मैं तो गंदे मोहल्ले में रहता हूँ। जो दुःखी और दरिद्र ह...
- एक दुष्कल्पना से ग्रसित अधिकांश लोग पाए जाते हैं कि अपनी निज की सामर्थ्य अकिंचन है, उसे बढ़ाने के लिए हम क्या कुछ कर सकते है?...? उत्कर्ष से सुयोग मिलना अपने हाथ में नहीं है। जितना प्रयत्न अच्छे के लिए किया जा चुका है उससे अधिक और...
- एक दूसरे को नीचा दिखाने में निरत क्यों है?...? इसका वास्तविक कारण सामान्य लोगों की समझ से बाहर होता है, उन्हें तो कुछ भी कहकर बहका दिया जाता है। वा...
- एक नागरिक कर्तव्य क्या है?...? जीविका उपार्जन कैसे करनी चाहिए? अर्थशास्त्र क्या है? वगैरह। लोक व्यवहार में प्रवीण बनने के सम्बन्ध म...
- एक निर्धारित राजमार्ग है, उस पर न चला जाय, अनिश्चित मनःस्थिति में बहकते और अनिर्णीत दिशाधारा में भटकते रहा जाय तो मंजिल तक पहुँचना कैसे सम्भव हो सकता है?...? महत्त्वपूर्ण सफलता पाने के लिए वही रीति-नीति अपनानी पड़ती है जिसे बुद्धिमान किसान अपनाते और धन धान्...
- एक ने पूछा—ये क्या करता है?...? गोबर काहे को करता है? तो बोला—डर लगता है। अरे! तो लड़ता काहे को है। डरता है, तो लड़े मत। लड़ता है तो डर...
- एक परशुराम धरती पर फैले हुए अवांछनीय तत्वों का इक्कीस बार सफाया करें, और कोई उनके मार्ग में आड़े न आये इसका क्या तुक?...? ग्वाल बालों की सहायता से गोवर्धन उठाना और रीछ वानरों के कौशल से समुद्र का पुल बाँधना भी कुछ ऐसा ही ब...
- एक पहिया टूटा और दूसरा साबूत हो, तो गाड़ी ठीक प्रकार चलने और लक्ष्य तक पहुँचने में कैसे समर्थ हो सकती है?...? एक हाथ वाले, एक पैर वाले, निर्वाह भर कर पाते हैं।...
- एक पहिये की गाड़ी पर चलें तब?...? तब आप सर्कस में एक चक्कर तो काट भी सकते हैं; लेकिन आप लम्बा सफर नहीं कर पाएँगे। एक पहिये की गाड़ी किस...
- एक पाव की रजाई कैसे हो सकती है?...? हमारे लिहाफ में तो दो किलो रुई आती है, ढाई किलो आती है। हाँ बेटे! बिना धुनी वाली ढाई किलो भी कम है, ...
- एक पाव की रजाई कैसे हो सकती है?...? हमारे लिहाफ में तो दो किलो रूई आती है, ढाई किलो आती है। हाँ बेटे! बिना धुनी वाली ढाई किलो भी कम है, ...
- एक पैर से आप चलें तब?...? तब लम्बा सफर पूरा नहीं कर सकेंगे। एक पहिये की गाड़ी पर चलें तब? तब आप सर्कस में एक चक्कर तो काट भी सक...
- एक प्रतिशत की तो मैं कहती नहीं हूँ कि कहीं किसी का दुर्भाग्य ही हो तो उसके लिए क्या किया जाएगा?...? भगवान तो हैं नहीं। एक सच्चा ब्राह्मण जो करता है, जो करना चाहिए वह उनने जीवन पर्यंत तक उसको पूरा किया...
- एक प्रतिशत की तो मैं कहती नहीं हूँ कि कहीं किसी का दुर्भाग्य ही हो, तो उसके लिए क्या किया जाएगा?...? भगवान तो हैं नहीं। एक सच्चा ब्राह्मण जो करता है, जो करना चाहिए, वह उनने जीवनपर्यंत तक उसको पूरा किया...
- एक प्रश्न यह कि हमें क्या करना है और क्या बनना है?...? दूसरा यह कि हमें क्या कराना है और क्या बनाना है? इसके सम्बन्ध में स्थूल रूप से आपको कई चीजें दिखाई पड़...
- एक प्रश्न यह कि हमें क्या करना है और क्या बनना है?...? दूसरा यह कि हमें क्या कराना है और क्या बनाना है? इसके सम्बन्ध में स्थूल रूप से आपको कई चीजें दिखाई पड़त...
- एक प्राचीन नीतिकार का कथन है कि "जिसने क्रोध की अग्नि अपने हृदय में src='प्रज्वलित कर रखी है, उसे चिता से क्या प्रयोजन?...? अर्थात् वह तो बिना चिता के ही जल जायगा। ऐसी महाव्याधि से दूर रहना ही कल्याणकारी है, जिन्हें क्रोध की...
- एक प्राण के बगैर दूसरा प्राण कैसे रहेगा?...? मुश्किल है। हम एक प्राण हैं।
बेटे! मैं आपसे यह कह रही थी कि आप हमारे हाथ बन जाइए, कौन-सा हाथ बनेंगे...
- एक प्रौढ़ महिला जो अपने कन्धे पर बच्चे को लिए हुए खेत पर काम करने जा रही थी, क्या सुंदर नहीं बन सकती थी?...? रमणी का वह अंग, जिसको कि नहीं देखना चाहिए, उसको दिखाने वाला चित्रकार अगर आज का कलाकार है, तो हम नहीं...
- एक प्रौढ़ महिला जो अपने कन्धे पर बच्चे को लिए हुए खेत पर काम करने जा रही थी, क्या सुंदर नहीं बन सकती थी?...? रमणी का वह अंग, जिसको कि नहीं देखना चाहिए, उसको दिखाने वाला चित्रकार अगर आज का कलाकार है, तो हम नहीं...
- एक फैसला कर लीजिए कि आपको कहाँ चलना है?...? एक रास्ता बन्द कर दीजिए। अगर आपको आध्यात्मिकता की राह पर चलना है तो आप अपने भौतिक जीवन को तपस्वी बनान...
- एक बनाएँ और दस तोड़ें तो ऐसा कोई सृजन किस प्रकार हो सकेगा?...? उच्च स्तरीय सद्गुणों में अहिंसा, सत्य, अस्तेय, ब्रह्मचर्य, अपरिग्रह आदि आते हैं। परिष्कृत दृष्टिकोण ...
- एक बात बता सकते हो?...? हाँ।...
- एक बात बताइए कि जब वह सन्त था तो फिर कभी-कभी डकैती जरूर डालता रहा होगा?...? नहीं भाई साहब! ऐसी बात नहीं है। नहीं साहब! आपको मालूम नहीं है। दिन में तो वह भजन करता होगा और रात मे...
- एक बात बताइए कि जब वह सन्त था तो फिर कभी-कभी डकैती जरूर डालता रहा होगा?...? नहीं भाई साहब! ऐसी बात नहीं है। नहीं साहब! आपको मालूम नहीं है। दिन में तो वह भजन करता होगा और रात मे...
- एक बात बताइए कि यह कैसे मालूम पड़े कि किसी आदमी का भविष्य खराब है या अच्छा है?...? जन्मपत्री की बात चली, तो उन्होंने कहा कि यह बेकार की बात है। जो ग्रह लाखों-करोड़ों मील दूर रहते हैं,...
- एक बार मैं इलाहाबाद गया था, तो मैंने क्या देखा था?...? उसी साल ऐसा हुआ था कि रेलों के नीचे-पाँव के नीचे छह-सात सौ आदमी कुचलकर मर गये थे। उस साल मैं कुंभ ...
- एक बार अवस्थी जी खाना खाने गये थे कि एक महिला आई और पूछा-‘‘पन्द्रह-सोलह व्यक्ति हैं, खाना खिलायेंगे क्या?...? ’’ मैं ऊपर गया, देखा-दाल चावल तो पर्याप्त था। रोटी 15-20 ही थी। मैंने हाँ कर दी। जब सब आये, तब पता च...
- एक बार आशीर्वाद दे दिया, अब बार-बार मैं क्या कर सकता हूँ?...? सारी दुनिया में मुसीबतें हैं। सारी दुनिया में कष्ट हैं। संसार में सुख-दुःख तो चलते रहते हैं।...
- एक बार उसके जी में भी आया कि मुझे दुनिया से क्या मतलब?...? यह तो रामचन्द्र जी की भार्या हैं। रामचन्द्र जी को मिल जायेगी तो रामचन्द्र जी को नफा होगा। नहीं मिल...
- एक बार एक महिला से पूछा गया कि आपके कितने बच्चे हैं?...? उसने कहा—९ बच्चे हैं और १०वाँ होने वाला है। उस पढ़ी-लिखी महिला ने उसके सामने आबादी बढ़ने तथा भारत की...
- एक बार एक युवक ने एक अध्यापक से पूछा—'क्या मैं एक दिन प्रसिद्ध चित्रकार बन सकता हूँ?...? ' अध्यापक ने कहा—'नहीं।' इस पर उस युवक ने आश्चर्य से पूछा—'क्यों?' अध्यापक ने उत्तर दिया—'इसलिए कि त...
- एक बार एक व्यक्ति ने पूछा-हम आहार शक्ति के लिए खाते हैं शक्ति अन्न और माँस से अधिक मिलती है फिर शाक भाजी क्यों अधिक खायें इस पर विवेकानन्द ने बताया-१ शाक खाद्यान्न की कमी पूरा करते हैं?...? (२) जल्दी पच जाते हैं जितनी देर में १ पाव अन्न पचता है साग उतनी देर में १ किलो पचेगा (३) शाक में खनि...
- एक बार किसी ने उनसे पूछा—आप राजकुमारी हैं, आभूषण धारण क्यों नहीं करती?...? " उन्होंने कहा—"जेवो जीनत बस हमीरस्थ नामेमन जेवुन्निसा अर्थात् मैं चाहती हूँ कि मैं नारी जाति का आदर...
- एक बार द्रोणाचार्य से लोगों ने पूछा—आप अपनी पीठ पर तीर-धनुष क्यों रखते हैं?...? आप तो सन्त हैं, ब्राह्मण हैं। उन्होंने कहा— अग्रे चतुरो वेदाः पृष्ठे सशरोधनुः।
इदं ब्राह्मम् इदं क...
- एक बार फैक्टरी घूमने आये वहाँ मजदूरों को मोटी-मोटी रोटियाँ खाते देखकर बोले-मेरी मृत्यु होगी तब भगवान् से एक ही वरदान मागूँगा कि वह मुझे भी मजदूर बनाये?...? साथी ने साश्चर्य पूछा ऐसा क्यों तो उन्होंने बताया-स्वाद के असंयम के कारण मेरा पेट इतना खराब गया है क...
- एक बार मैंने नरक का वर्णन पढ़ा था, परन्तु समझ में नहीं आया कि नरक कैसा होता है?...? यदि आपको नरक देखना हो तो अस्पताल में चले जाइए। आज इसकी टाँग का ऑपरेशन होगा, बस हाय-हाय। आज उसके दाँत...
- एक बार लैला ने उसकी परीक्षा लेनी चाही और जानना चाहा कि मजनूँ कैसा है?...? पहले तो उसने ऐसा इन्तजाम कर दिया कि उसको कुछ पैसे मिल जाया करें, दुकानदारों से खाने को मिल जाया करे।...
- एक बार सुन लीजिए हमारी बात सुन लीजिए कि यदि रामायण पाठ करना है तो क्या करना चाहिए?...? रामायण का पाठ करने के लिए जिस जीभ की जरूरत है और जिसमें से कमाल निकलता है, चमत्कार निकलते हैं, उसमें...
- एक बार सुन लीजिए, हमारी बात सुन लीजिए कि यदि रामायण पाठ करना है तो क्या करना चाहिए?...? रामायण का पाठ करने के लिए जिस जीभ की जरूरत है और जिसमें से कमाल निकलता है, चमत्कार निकलते हैं, उसमें...
- एक बार हमने एक भगवान् जी से पूछा कि आपका क्या ख्याल है?...? दुनिया वालों का तो ऐसा ख्याल है कि आप प्रसाद चढ़ाने वालों, सुपारी व नारियल चढ़ाने वालों, आरती उतारने...
- एक बालक ‘‘क्ष’’ गोले में बालकों के आगे से जाते हुए ‘‘स्थान दोगे?...? ’’ कहेगा। बालक ‘‘क्षमस्व’’ कहेंगे। इस प्रकार जब यह बालक ‘‘क्ष’’ पूछता हुआ घूम रहा हो तब गोले में कोई...
- एक बूँद से क्या फायदा?...? एक कटोरी भरकर लीजिये चरणों के जल को। एक कटोरी आप लीजिये, एक कटोरी आप लीजिये, एक आप लीजिये—पूरे का पू...
- एक बौद्धिक प्राणी होने के नाते वह अपने उस उद्देश्य को बाह्य जीवन में पूरा भी कर पा रहा है या नहीं?...? यदि नहीं तो उसे अब निश्चित ही आगे सोच समझ कर पग बढ़ाना चाहिए।
इस तरह 16 संस्कार जीवन के 16 मोड़...
- एक भगवान को यह पता क्यों नहीं था कि ये भी भगवान हैं?...? परशुराम जी को यह पता होता कि हम भी भगवान हैं और रामचन्द्र जी भी भगवान हैं, तो भगवान भगवान से लड़ा...
- एक भाई ने पूछा-महाराज आपकी उपासना साधना का क्या हुआ?...? स्वामीजी ने कहा-भगवान् के पुत्र दुःखी हों और मैं उनका नाम जप रहा होऊँ, क्या तुम इसे ही उपासना समझते ...
- एक भाई ने पूछा-महाराज आपकी उपासना, साधना का क्या हुआ?...? स्वामी जी ने कहा-भगवान् के पुत्र दुःखी हों और मैं उनका नाम-जप रहा होऊँ क्या तुम इसे ही उपासना समझते ...
- एक भी ऐसे आदमी का नाम बता दीजिए कि जिसकी मैंने मनोकामना पूरी की है?...? मैंने हर एक आदमी की मनोकामना को परिष्कृत किया है, स्वच्छ किया है, निर्मल बनाया है। मैंने किसी की मनो...
- एक मजनूँ था, लैला को प्यार करता था और वह चाहता था कि लैला की शादी उससे हो जाए?...? लेकिन लैला का बाप तैयार नहीं था। उसके बाप ने कहा—नहीं, हम भिखारी के साथ में क्यों शादी करें? लैला ने...
- एक मामा होता तब?...? तो पेट भर जाता। कहते—अरे भाई लड़के! तू रोटी खा करके आया? रोटी खा करके कहाँ से आया, सबेरे का वक्त है। ...
- एक माली से पूछा कि आपने बगीचे को कैसे खराब कर दिया?...? साहब! आपका भजन किया। भजन क्या होता है? भजन वह होता है, जिसमें सारे कर्तव्य, सारे फर्ज और सारे उत्त...
- एक मिनट में करनी हो तो क्या?...? आपकी बात तो वही जहाँ की तहाँ है। हम आपकी बात का महत्त्व जानते हैं और हमने सारी जिन्दगी भर यही पापड़ ...
- एक मिनट रुको, क्यों आये हो?...? ’’
मैंने कहा, ‘‘माताजी, नीलकण्ठ जा रहा हूँ।’’ ‘‘क्या है वहाँ?’’ माताजी ने पूछ लिया। मैंने जवाब में ...
- एक यह कि अन्य प्राणियों के लिए सर्वथा दुर्लभ इतना कलात्मक जीवन सृष्टा ने किस प्रयोजन के लिए प्रदान किया तथा उस विशिष्ट अनुदान का अधिकारी समझा?...? दूसरा यह कि जो आवश्यक साधन एवं वैभव प्राप्त है, उसका आज की परिस्थितियों में सर्वश्रेष्ठ उपयोग क्या ह...
- एक यह कि अपने देश की दो-तिहाई जनता अशिक्षित है, वह साहित्य का लाभ कैसे उठाये?...? फिर इस घोर महँगाई के जमाने में आर्थिक कठिनाइयों से ग्रस्त अशिक्षित स्तर की जनता उसे किस आधार पर खरीद...
- एक यह जानना कि सुनसान प्रकृति के सान्निध्य में, प्राणियों एवं सुविधाओं के अभाव में आत्मा को एकाकीपन कहीं अखरता तो नहीं?...? दूसरे यह कि इस क्षेत्र में रहने वाले हिंस्र पशुओं के साथ मित्रता बना सकने लायक आत्मीयता विकसित हुई य...
- एक यह विचार करता रहा कि मैंने लॉटरी के तीन टिकट खरीदे हैं, उसमें से तीन-तीन लाख रुपए तो मिल ही जाएँगे; उन रुपयों से क्या-क्या करूँगा?...? अमुक काम करूँगा, अमुक बच्चे को, अमुक को दूँगा आदि बे-सिर की सारी की सारी बातें, सारे के सारे ताने-बा...
- एक रात हम दोनों ने स्वप्न में देखा कि एक श्वेताम्बर महिला हमारे आँगन का चक्कर काटकर मेरे कमरे में आकर कहने लगी, तू क्यों चिन्ता करती है?...? मैं तो तेरे पास आ गई हूँ। तुम्हारी देखभाल मैं करूँगी। उसी दिन शाम को मेरी ननद हमारे घर आ गई और मेरे ...
- एक रुपये की दस रोटी कैसे आ सकती है?...? अरे साहब! दाल भी शामिल है। दाल भी देंगे। बेटे, समझ में नहीं आता, जरा दिखा तो सही, कैसी है? आटे म...
- एक लड़की आई थी बोली माता जी मेरा इतना नुकसान हो गया, तो मैंने कहा कि क्या किया था तूने?...? मेरा यह था कि भगवान के चरणों में रखूँगी और अपनी लड़की की शादी में लगाऊँगी इसको। जो तेरी नियत थी, सो ...
- एक लाख गायत्री यज्ञ कहाँ होंगे?...? हमारी इच्छा है कि एक लाख अलग-अलग स्थानों पर करें ताकि हर गाँव का वातावरण, हर गाँव की सुरक्षा, हर गाँ...
- एक लाख घण्टा किसे कहते हैं?...? जरा हिसाब लगाना। आदमी सात घण्टे काम करता हैं। उसे बीच में एक घण्टे की छुट्टी मिलती है कि नहीं मिलती? ह...
- एक लड़की आई और बोली-तुम चोर हो?...? ’’ बोधिसत्व चौंक कर बोले-पुत्री मैंने तो किसी का कुछ नहीं चुराया? चुराया क्यों नहीं, दुनियाँ की शान्...
- एक वजह क्या है?...? पहली वजह यह है कि दुनिया में ऐसे हथियार बनते चले जा रहे हैं, जो एटामिक हथियार से भी अधिक घातक है...
- एक व्यक्ति खड़े होकर बोले-महाराज विवाहों में जो लम्बी रकमें माँगी जाती हैं वह कहाँ से पूरी करें?...? उपदेशक ने अनुभव किया आज लोगों को विवाहोन्माद से बचाना सबसे बड़ा उपदेश है सो उस दिन से वे उपदेश करने क...
- एक व्यक्ति सिर पर लकड़ियाँ लिये घर जा रहा था उसे ऐसी कोई आतुरता न देखकर विधाता विमान से नीचे उतरे और उससे पूछा क्यों भाई-तुमने स्वर्ग के समाचार नहीं सुने क्या?...? सुने हैं महाराज! वृद्ध ने कहा-पर मुझे तो अपने हँसते हुए बच्चों, प्यार देती हुई पत्नी, मिलकर काम करते...
- एक शराबी को नशे की हालत में न जाने क्या-क्या दिखलाई पड़ता है?...? मेरी दुनिया भी नई दिखलाई पड़ने लगी। मेरे अन्दर नया उत्साह एवं उमंग आ गई।शक्तिपात के बारे में लोग यह स...
- एक शरीर का क्या फायदा है?...? शरीर का सुख हमको मालूम है और उसके लिए हम जिन्दगी के बेशकीमती दिन खराब करते रहते हैं। एक हमारी आँखें...
- एक सच्चा ब्राह्मण जो करता है, जो करना चाहिए वह उनने जीवन पर्यंत तक उसको पूरा किया और समझाया अपने द्वारा कि ब्राह्मणोचित जीवन कैसा होना चाहिए?...? चिन्तन से ही चरित्र बनता है उसी से व्यवहार बनता है।
दैवी आकांक्षा का ही परिणाम था कि जो उनने सवि...
- एक सच्चा ब्राह्मण जो करता है, जो करना चाहिए, वह उनने जीवनपर्यंत तक उसको पूरा किया और अपने द्वारा समझाया कि ब्राह्मणोचित जीवन कैसा होना चाहिए?...? चिन्तन से ही चरित्र बनता है, उसी से व्यवहार बनता है।
दैवी आकांक्षा का ही परिणाम था कि जो उनने सवि...
- एक साधक का रूप और दुःखी देख करके एक महात्मा उधर से निकले, उन्होंने पूछा—भाई क्या बात है?...? कैसे दुःखी हो रहा है? कौन है तू? तो वह बोले—हम साधना करने वाले एक व्यक्ति हैं और तेरह वर्ष तक गायत्र...
- एक साधारण सा बन्दर होते हुए भी और भाइयों से ज्यादा, बेटों से ज्यादा उसने दर्जा ले लिया, हनुमान ने कैसे ले लिया?...? अपनी अहंता को मिटाकर उपासना से। सच्चे अर्थों में जो उपासना की जाती है इसी तरीके से की जाती है। आशा ह...
- एक साल बाद कितना हुआ?...? चौबीस हजार रुपये हुआ। तीन साल का कितना हो गया? बहत्तर हजार रुपये हो गया। सन्तान पैदा करने के लिए हमें...
- एक सूरज की कल्पना करना ही हमारे लिए मुश्किल हो रहा है कि वह कितना लंबा-चौड़ा है?...? कितना उसका विस्तार है? फिर उतने तारों की कल्पना हम कैसे करेंगे और फिर एक-एक नीहारिका इतनी दूर है। एक...
- एक से एक बढ़िया आहार है और भोजन है; लेकिन आहार और भोजन के होते हुए अगर किसी आदमी का पेट खराब हो जाए तब?...? आप क्या खिला करके करेंगे? और उल्टा पेट में दर्द हो जाएगा। आप पौष्टिक पदार्थ दीजिए, मलाई-मिठाई दीजिए।...
- एक से एक बढ़िया आहार है और भोजन है; लेकिन आहार और भोजन के होते हुए भी अगर कोई आदमी, कोई आदमी का पेट खराब हो जाए तब?...? आप क्या खिला करके रहेंगे? और उल्टा पेट में दर्द होगा। आप पौष्टिक भोजन दीजिए, मलाई-मिठाई दीजिए। लेकिन...
- एक से एक बढ़िया परामर्श देने वाले, एक-से सहायता देने वाले क्या सहायता कर सकते हैं?...? कोई सहायता नहीं कर सकते। कब किसकी? जिसकी के दिमाग खराब हो गया है। दिमाग खराब हो गया है क्या करेंगे? ...
- एक से कैसे बनेगा?...? बहुत-से आप रखिये। बहुत-से आप रखना। अच्छा, जहाँ पूजा की जगह है, वहाँ बहुत-से देवी-देवता रखना। ये फलान...
- एक से पूछा—‘‘बंगाल के निमाई यहीं ठहरे हैं?...? ’’जवाब मिला—‘‘पास वाले डेरे में हैं।’’अन्दर जाने पर देखा—एक गौर वर्ण का युवक शास्त्रचर्चा कर रहा है।...
- एक से श्रद्धा नहीं बनेगी क्या?...? मित्रो! हमारे भीतर श्रद्धा है। हमने एक का पल्ला पकड़ लिया है और सारे जीवन भर उसी का पल्ला पकड़े रहेंगे...
- एक से हाथ-पैर, उपादान और साधनों के होते हुए भी दो मनुष्यों के एक ही कार्य में विषमता क्यों होती है?...? इसका एकमात्र कारण उनकी अपनी-अपनी विचार प्रेरणा है। जिसके कार्य सम्बन्धी विचार जितने सुन्दर, सुघड़ और ...
- एक सेब का फल टूटकर पृथ्वी पर गिरने की घटना ने ही उनकी अन्त:प्रज्ञा में हलचल मचा दी, यह पृथ्वी पर ही क्यों गिरा?...? यह चिन्तन करते-करते वे इस निष्कर्ष पर पहुँचे कि पृथ्वी के अन्दर प्रचुर मात्रा में गुरुत्व बल विद्यमा...
- एक सोने की बनी, हीरे की नग जड़ी अँगूठी आप दे देंगे क्या?...? भइया, यहाँ नहीं बिकती है। तो कहाँ बिकती है? भइया, आगे चले जाओ। यहाँ से तीस-चालीस दुकान के पास से एक ...
- एक स्थान पर साधुओं की जमात लगी थी उन्होंने नारद जी को फटकारा भगवान् हमारे लिये मिष्ठान्न भोग क्यों नहीं देते?...? नारद जी हैरान होकर लौटे और भगवान् से कहा-भगवन् आपने इन लोगों को अभावग्रस्त क्यों बनाया। भगवान् ने हँ...
- एक हजार अध्यापकों का क्या खरच हो सकता है?...? वेतन कितना हो सकता है? गुजारा क्या हो सकता है? बिल्डिंगों का मेन्टीनेन्स क्या हो सकता है? आप समझते ह...
- एक हम चलते हैं और एक हमारा प्राण चलता है, एक हमारा जीवट चलता है और एक हमारी हिम्मत चलती है और कोई चलता है?...? और कोई नहीं चलता। एक हम और एक हमारी हिम्मत और कोई! और कोई नहीं है, एक हमारा भगवान और एक हमारा ईमान औ...
- एक हम चलते हैं और एक हमारा प्राण चलता है, एक हमारा जीवट चलता है और एक हमारी हिम्मत चलती है और कोई चलता है?...? और कोई नहीं चलता। एक हम और एक हमारी हिम्मत और कोई! और कोई नहीं है हमारे साथ। दो ही हैं एक हमारी आत्म...
- एक हाथ खाली रहा है क्या?...? नहीं हाथ के पास फिर दुबारा माँस के रूप में, रक्त के रूप में, हड्डियों के रूप में, स्फूर्ति के रूप मे...
- एक हाथ से जंजीर ढीली होने और दूसरे हाथ से नई रस्सी कस देने से स्थिति कहाँ बदली?...? परिवर्तन ऐसा लाया जाना चाहिए जिससे नारी द्वारा भी नर की ही तरह एक सुयोग्य और सुसंस्कारी मानव की भूमि...
- एक हिस्सा अपंग क्यों रहने देंगे?...? आप आगे बढ़िए और जो बगैर पढ़ी-लिखी हैं, इनको पढ़ाइए और जो थोड़ा पढ़ी-लिखी हैं, उनको आगे बढ़ाइए। इनकी ...
- एक ही अखबार जब इतना छपता है; तो इतने आदमियों तक विचार एक ही दिन में पहुँच जाते होंगे?...? हाँ, बेटे पचास लाख आदमियों तक अखबार के विचार एक ही दिन में पहुँच जाते हैं, लेकिन अगर कलम की दृष्टि स...
- एक ही अख़बार जब इतना छपता है तो इतने आदमियों तक विचार एक ही दिन में पहुँच जाते होंगे?...? हाँ, बेटे! पचास लाख आदमियों तक अख़बार के विचार एक ही दिन में पहुँच जाते हैं, लेकिन अगर कलम की दृष्टि...
- एक ही आदमी है—शृंगी ऋषि, जिसने जीवन भर में यह नहीं जाना कि स्त्रियाँ कैसी होती हैं?...? वासना किसे कहते हैं? तृष्णा किसे कहते हैं? उन्होंने अपना व्यक्तित्व और चरित्र उच्चकोटि का बनाकर रखा ...
- एक ही खाद्य पदार्थ का विभिन्न प्राणी विभिन्न प्रकार का स्वाद लेते हैं तो किसी पदार्थ का मूल स्वाद कैसे घोषित किया जाय?...? जब एक ही दृश्य से अनेकों प्रकार के निष्कर्ष निकाले जाते हैं तो उनकी वास्तविकता किस आधार पर निरूपित क...
- एक ही दिन ब्रह्मचर्य से क्यों रहें?...? बेटे! एक दिन नहीं, वरन् हम आपको इशारा करते हैं कि आप अपनी शक्तियों का संकलन करें, संयम करें। आपकी टं...
- एक ही पहाड़ था?...? नहीं बेटे, वहाँ तो बहुत पहाड़ थे, किसी और पर भी वे जा सकते थे, लेकिन ऋष्यमूक पर इसलिए गए कि वहाँ हनु...
- एक ही पहाड़ था?...? नहीं बेटे, वहाँ तो बहुत पहाड़ थे, किसी और पर भी वे जा सकते थे, लेकिन ऋष्यमूक पर इसलिए गए कि वहीं हनुम...
- एक ही प्रेरणा है कि अपनी सामर्थ्य के कण-कण को जनहित में लगाओ, जबकि दूसरी यही सिखाती रहती है कि किस चालाकी से दूसरों की आवश्यकताओं को भी हड़पकर अपने और लड़के-नातियों के लिए जमा किया जाए?...? अशोक की जाग्रत आत्मचेतना ने महत्त्वाकांक्षा को ठोकर मारकर स्वयं के व्यक्तित्व से बाहर निकाल फेंका था...
- एक ही बिल में से कितने चूहे निकलते हैं?...? आपने भेड़ों का झुँड नहीं देखा, एक ही जगह से कितनी भेड़ें निकलती हैं। आपने जेलखाना नहीं देखा है? आपने...
- एक ही संस्था के सदस्य, एक ही लक्ष्य के दुहाई देने वाले आखिर इस कदर लड़ते क्यों है?...? एक दूसरे को नीचा दिखाने में निरत क्यों है? इसका वास्तविक कारण सामान्य लोगों की समझ से बाहर होता है, ...
- एक ही सूरज मिलेगा और भगवान?...? जो असली भगवान है अगर उसकी शक्ल होगी तो दुनिया में एक शक्ल होगी। तरह-तरह की शक्लें नहीं हो सकतीं। आपक...
- एक होकर कैसे रहते हैं?...? चार बातें हो गईं बेटा, अच्छा ध्यान रखना। हमने एक बात तो यह कही है कि आप रीछ-वानर के रूप में देवता है...
- एक-एक गलती, एक-एक विचारधारा, एक-एक भूल के बारे में कौन सुधार करे?...? इसलिए ये काम आप को स्वयं ही करना पड़ेगा। आप ही अपने गुरु हैं, आप ही अपने शिक्षक हैं और आप ही अपने साध...
- एक-एक गलती, एक-एक विचारधारा, एक-एक भूल के बारे में कौन सुधार करे?...? इसलिए ये काम आप को स्वयं ही करना पड़ेगा। आप ही अपने गुरु हैं, आप ही अपने शिक्षक हैं और आप ही अपने साध...
- एक-एक पानी की बालटी लेकर पहुँच जाएँ?...? नहीं बेटे ! इस पानी की आवश्यकता नहीं है। एक और पानी है। कौन-सा है? वह है प्यार, वह है स्रोत, वह है स...
- एक-एक से बात कैसे की जाएगी?...? लेकिन हम आप सबके अन्तःकरण की बात जानते हैं।
ऐसा कोई भी नहीं बैठा है, जिसके अन्तःकरण की बात हमको मा...
- एक-दो के नाम बता दीजिए?...? हाँ बेटे, बताता हूँ कि उपासना किस-किसने की थी। उस उपासना के ढंग को आपको जानना चाहिए।...
- एक-से पानी से क्या होता है?...? कुछ भी नहीं होता। तो साहब! पानी में कमाल कहाँ से आ गया? कमाल की जरूरत थी। आदमी की श्रद्धा। क्यों साह...
- एकलव्य को मिट्टी का खिलौना न मिलता तो?...? तो बेटे मुश्किल थी; क्योंकि भावना का सम्वर्द्धन और श्रद्धा का एकत्रीकरण किसी प्रतीक की अपेक्षा करता ह...
- एकांगी उपासना से क्या बनेगा?...? मुक्ति मिलेगी? हमें तो विश्वास नहीं कि मुक्ति मिलेगी।
यदि मुक्ति मिलती है, तो हमें इसी जीवन में म...
- एकांगी में स्वर्ग, मुक्ति पा लीजिए, फिर क्या होगा?...? दूसरे तुम्हारे भाई-बन्धु नरक की अग्नि में जलते रहें। हम स्वर्ग-मुक्ति पाएँगे? नहीं, हमको नहीं चाहिए ...
- एकान्त अगर आपको नहीं मिलेगा तो आप विचार तक नहीं कर पाएँगे कि क्या करें?...? हमको क्या करना है? पुरानी चीजों से कैसे आपको छुटकारा पाना है और नई चीजों को कैसे अपनाना है? इन दोनों...
- एकान्त नहीं मिलेगा, तो आप विचार तक नहीं कर पाएँगे कि आपको क्या करना है?...? पुरानी चीजों से छुटकारा पाना है, नई चीजों का सेवन करना है। इसके लिए एकान्त बहुत आवश्यक है। यह एकान्त स...
- एकान्त में भी रहा जा सकता है, पर उस एकान्त का भी कोई उद्देश्य तो होना चाहिए?...? निरर्थक पड़े रहना, निरर्थक बैठे रहना, कोने में पड़े रहना और समय खरच करना—ये सन्तों का काम नहीं हो सकत...
- एकाएक कहाँ आ पाती है?...? इसलिए मित्रो! वहाँ हमारा सन्देश लेकर के जाना, युग की पुकार लेकर के जाना। वक्त की पुकार लेकर के जाना...
- एकाग्रता किसको आ गयी?...? सर्कस में तार पर चलने वाली लड़की को आ गयी, तो क्या वह योगी हो गयी? महात्मा हो गयी? ज्ञानी हो गयी?...
- एकाग्रता किसे कहते हैं?...? जिसे आप बार-बार कहते हैं कि हमारे मन का निग्रह कीजिए, वस्तुतः वह योग का पहला वाला हिस्सा है। हमारा म...
- एकाग्रता जमने की वजह से क्या होता रहता है?...? वे मेरे समीप ही दिखाई पड़ते रहते हैं। मुझे अब यह अनुभव नहीं होता कि हम अपनी कोठरी में अकेले रहते हैं...
- एकादशी के दिन चावल कैसे खायेंगे?...? एकादशी के दिन तो फलाहार करेंगे। जैसे अपने यहाँ साबूदाना फल माना जाता है, वैसे ही वहाँ गेहूँ फल है।...
- एकाध दुर्गुण छोड़ना तो नहीं है?...? नहीं महाराज जी! छोड़ने-छाड़ने का चक्कर नहीं है। मैं तो केवल गीत गाता रहता हूँ। अरे! तो गीत से क्या ब...
- एकाध दुर्गुण छोड़ना तो नहीं है?...? नहीं ,महाराज जी! छोड़ने- छाड़ने का चक्कर नहीं है। मैं तो केवल गीत गाता रहता हूँ। अरे! तो गीत से क्या ब...
- एकाध नाम तो बता?...? भजन का मतलब तो समझते हैं नहीं, भजन करते हैं चालाक, बेईमान। बड़े आये भजन करने वाले। तुम भजन करते हो? भ...
- एकान्त में चिन्तन के लिए जब आप बैठें तो आप यह विचार किया करें कि हम पिछले दिनों क्या भूल करते रहे हैं?...? हम रास्ता भटक तो नहीं गए भूल तो नहीं गए।...
- एकान्त सेवन करते थे, क्यों?...? क्योंकि उनका बाहर का चारों ओर का जो जंजाल जिसमें उनको बुरी तरीके से चक्रव्यूह में फँसे हुए अभिमन्यु ...
- एक्सीडेंट हो जाए, तब?...? मृत्यु हो जाए तब? मुकदमा लग जाए तब, बीमारी हो जाए तब? तब आपको दुःखी होना ही चाहिए। मैं पारिवारिकता क...
- एटम देखा है न आपने?...? वह एक धूल का कण है, जो जमीन पर पड़ा रहता है, लेकिन जब उसी को वैज्ञानिक विधि से अलग कर लिया जाता है ...
- एटम में से आती है?...? एटम में से नहीं आती है, बेटे। साधना से आती है। साधना से ताकत को उभारा, ताकत को निखारा, ताकत को काम म...
- एटम में से आती है?...? एटम में से नहीं आती है, बेटे, साधना से आती है। साधना से ताकत को उभारा, ताकत को निखारा और ताकत को काम...
- एण्टीसेप्टिक तैयार कर लिया?...? हाँ। चीरा लगाने से पहले एनस्थीसिया लगा दिया? क्यों? क्योंकि इसको पीड़ा न हो। सुई लगा दी? हाँ। ऑपरेशन ...
- एनाटॉमी किसे कहते हैं?...? हृदय किसे कहते हैं? रक्त कैसा होता है? शरीर विज्ञान किसे कहते हैं? किडनी कैसी होती है? शरीर के अंग-प...
- एरिट्रायस बहुत दिन में घर लौटे तो पिता ने पूछा-बेटा वहाँ से क्या सीखकर आये हो?...? पुत्र ने उत्तर दिया-बाद में ज्ञात हो जायेगा। एक दिन पिता किसी बात पर रुष्ट हो गया उसने युवा पुत्र की...
- एशिया में चाइना से बड़ा, दुनिया का सबसे बड़ा देश होता और हमारी संयुक्तशक्ति ने क्या किया होता?...? लेकिन हम आपस में कट मरे, खून-खराबा हुआ। इधर के लोग उधर भाग गए और उधर के लोग इधर भाग आए। अभी भी उसका ...
- एषणाएँ कितनी प्रकार की होती हैं?...? ये अवांछनीय एवं खतरनाक क्यों कही जाती हैं। ७. वाहवाही के लोभी किस प्रकार के ढोंग रचते हैं? ८. बुद्धि...
- ऐं पैसे लेगा?...? हमने तो समझा था कि प्रार्थना से ही जलेबी मिल जाती हैं। भाईसाहब, आपको किसी ने गलत बता दिया है।
...
- ऐटीकेट क्या होता है?...? ऐटीकेट उसे कहते हैं, जब कोई आदमी आए और घर में पानी पीने को माँगे, तो उसको कहना चाहिए "थैंक यू व...
- ऐतिहासिक भूमिका निभा सकने में सर्व समर्थ प्रतिभाएँ क्यों पछताते रहने और पछताते रखने की स्थिति में संसार से विदा होती है?...? इन अनेकों प्रश्नों का उत्तर ढूँढ़े नहीं मिलता। सब कुछ होते हुए भी कुछ नहीं की विडम्बना हटती क्यों नह...
- ऐसा अध्यात्म कभी हुआ है क्या?...? मछलीमार जैसा अध्यात्म, चिड़ीमार जैसा अध्यात्म कभी नहीं हुआ, जैसा कि आज है। अरे साहब! कोई भी देवी-देव...
- ऐसा अध्यात्म क्या हो सकता है?...? पहले तो मैं बताऊँगा नहीं, दूसरे अगर आपकी समझ में आ जाय, तो फिर आपको साधना करनी पड़ेगी।
मित्रो! आप त...
- ऐसा आत्म-नाश ही यदि मुक्ति कहलाता है तो उसे कोई क्यों चाहेगा?...? इससे किसी को क्या मिलेगा?स्वर्ग-मुक्ति की उपरोक्त मान्यताएँ पौराणिक काल की अलंकारिक मान्यताएँ हैं। व...
- ऐसा आदमी भगवान के लिए काम कर सकता है?...? नहीं। लोकमंगल और आत्मकल्याण के लिए काम कर नहीं सकता। समय और शक्ति को बरबाद करने वाले अहंकार को मिटान...
- ऐसा आप क्यों कह रही हैं?...? इसलिए कह रहे हैं कि आपको वह लक्ष्य याद बना रहेगा, वह उद्देश्य याद बना रहेगा, जिसके लिए हम आपको समय-स...
- ऐसा आप नहीं कर पायेंगे क्या?...? आप ऐसा ही कीजिए।आप अपना सम्मान चाहते रहें और दूसरों के लिए अपमान का व्यवहार करते रहें, तब आप ऐसा कीज...
- ऐसा कभी नहीं हो सकता आग लग रही हो और प्रभावित न हों, तो साहब इसका उपाय क्या है?...? एक-एक बाल्टी लेकर पहुँच जाएँ। पानी? नहीं बेटे! इस पानी की आवश्यकता नहीं है एक और पानी है।...
- ऐसा कभी हुआ है क्या?...? ऐसा नहीं होता, आपको गलना पड़ेगा। अगर आप नहीं गलेंगे तब, तब फिर आप भगवान से क्या उम्मीद करेंगे। आपने स...
- ऐसा करता रहा हो कि दिन में तो माला जपता रहा होगा और रात में डकैती करता रहा होगा?...? नहीं महराज जी! इसके बाद ऐसा नहीं किया। अच्छा बेटे, तू क्या चाहता था? महाराज जी! मैं तो यही चाहता थ...
- ऐसा करने वाले नीरोग कैसे रह सकते हैं?...? साँस केवल नाक से ही, मुँह से ही नहीं लेते और छोड़ते हैं। यदि चमड़ी पर कोई हवा बाहर न निकलने वाला मजबूत...
- ऐसा करने से क्या फायदा हो गई?...? ये कमबख्त स्वयं भी मरेंगे और हमको भी मारेंगे। हमारी भी बदनामी करेंगे और स्वयं भी बदनाम होंगे। ये त...
- ऐसा कहने से पहले आप अपनी जबान बन्द कीजिए और यह सोचिए कि आप कहने क्या जा रहे हैं?...? अरे, आप यह कहिए कि हे भगवान! हम आपकी मरजी के मुताबिक काम करेंगे। कठपुतली के धागे बाजीगर के हाथ में ब...
- ऐसा कैसे हो सकता है?...? बेटे! हम उस कबूतर-कबूतरी के तरीके से तो नहीं हैं। एक कबूतर और एक कबूतरी थे। एक दिन एक बहेलिया भूखा-प...
- ऐसा क्या कारण हो सकता है, जो उनकी पराजय का कारण बना?...? उत्तर मिला—फ्रान्सीसियों के दिमाग पर ऐय्याशी और विलासिता छायी थी।अमीरी से राष्ट्र मजबूत नहीं होते, म...
- ऐसा क्या हाथ लग गया?...? उन्होंने जीभ पर काबू पा लिया था। क्या खाना चाहिए और क्या नहीं खाना चाहिए? यह उन्होंने अपनी अकल के ह...
- ऐसा क्या हो सकता है?...? हाँ, आपका भी हो सकता है, आपके साथ भी हो सकता है, लेकिन अगर आपके जीवन में कृपणता आएगी, तो आप सड़ेंगे। ...
- ऐसा क्यों करते हैं?...? वाणी की शक्ति को संचित करने के लिए करते हैं।...
- ऐसा क्यों करते हैं?...? वाणी की शक्ति को संचित करने के लिए करते हैं। शब्दों के पीछे नैतिकता मित्रो! वाणी का संयम, जिसमें अना...
- ऐसा क्यों करेंगे?...? आत्मा का कोई औचित्य नहीं है क्या? आत्मा की कोई इज्जत नहीं है क्या? आत्मा का कोई मूल्य नहीं है क्या? ...
- ऐसा क्यों किया गया?...? इसलिए किया कि उनमें अकल नहीं थी और दूरदर्शिता नहीं थी कि हमें किस उद्देश्य के लिए वरदान चाहिए। आखिर...
- ऐसा क्यों किया?...? क्यों तो आपने जलाई है और फिर अशुभ कार्य क्यों किया है? आपने पाश्चात्य सभ्यता ले ली न।
जन्मदिन के म...
- ऐसा क्यों दिख रहा है?...? ’’ पुनः उन्हीं दृश्यों की फिर पुनरावृत्ति हुई। फिर तीसरी बार भी हुई। आँखें खोलीं तो देखा सामने गुरुज...
- ऐसा क्यों हुआ?...? लोग उसी को याद करते हैं जो औरों के लिए भी कुछ करते हैं। केवल परिवार के लिए करने वालों को कोई याद नही...
- ऐसा क्यों हुआ?...? यह उन्हें किस पाप की सजा मिल रही है? उन्होंने अपने जीवन का अवलोकन किया, कहीं कुछ नहीं मिला। फिर विगत...
- ऐसा क्यों हुआ?...? इस सुव्यवस्था, प्रगति, समृद्धि एवं सुन्दरता की अभिवृद्धि के लिए मनुष्य को अपने सहायक सहचर के लिए रचा...
- ऐसा क्यों होता चला जा रहा है?...? शिक्षा की दृष्टि से, धन की दृष्टि से, अमुक की दृष्टि से, सब तरह से आदमी सम्पन्न होता चला जा रहा है,...
- ऐसा क्यों होता चला जा रहा है?...? शिक्षा की दृष्टि से, धन की दृष्टि से, अमुक की दृष्टि से, सब तरह से आदमी सम्पन्न होता चला जा रहा है। ल...
- ऐसा क्यों होता है?...? सारी जिन्दगी हाथ मलते-मलते रह जाते हैं | कमाते-कमाते रह जाते हैं। उसी नारकीय योनि में चले जाते हैं, ...
- ऐसा क्यों होता है?...? क्यों मना करते हैं? यह आदमी का मूल्य, आदमी की प्रामाणिकता, आदमी की इज्जत को बताता है कि आदमी की की...
- ऐसा क्यों होता है?...? कारण जानने के लिए पढ़ें—
1. आद्य शक्ति गायत्री की समर्थ साधना 2. ईश्वर और उसकी अनुभूति 3. परिष्कृ...
- ऐसा क्यों होता है?...? सारी जिन्दगी हाथ मलते-मलते रह जाते हैं। कमाते-कमाते रह जाते हैं। उसी नारकीय योनि में चले जाते हैं ये...
- ऐसा तो नहीं होता कि तेरे मुँह में माँस-वास भरा रहता हो और तू जप करता रहता हो?...? नहीं महाराज जी, मुँह में माँस भरा रहेगा तो मैं जप कैसे करूँगा। ऐसा तो नहीं कि सूखी हड्डी मुँह में भर...
- ऐसा तो नहीं होता कि तेरे मुँह में माँस-वास भरा रहता हो और तू जप करता रहता हो?...? नहीं महाराज जी, मुँह में माँस भरा रहेगा तो मैं जप कैसे करूँगा? ऐसा तो नहीं कि सूखी हड्डी मुँह में भर...
- ऐसा दिल आपको भगवान ने क्यों नहीं दिया?...? आपको योग्यता तो दे दी, पुरुषार्थ भी दे दिया, पराक्रम भी दे दिया, बुद्धि भी दे दी, कला-कौशल भी दे दिय...
- ऐसा दिल आपको भगवान ने क्यों नहीं दिया?...? आपको योग्यता तो दे दी, पुरुषार्थ भी दे दिया, पराक्रम भी दे दिया, बुद्धि भी दे दी, कला-कौशल भी दे दिय...
- ऐसा देव कौन है?...? मित्रो! एक देव मेरी समझ में आ गया। यह देवता ऐसा है कि अगर आप इसकी पूजा कर सकते हों, इसका यजन कर सकते...
- ऐसा देव कौन है?...? मित्रो! एक देव मेरी समझ में आ गया। यह देवता ऐसा है कि अगर आप इसकी पूजा कर सकते हों, इसका यजन कर सकते...
- ऐसा न हो कि कोई आए और हमारे मुँह पर थूककर जाए कि अरे देखो कैसे बनाए?...? धत् तेरे की—ये तो बौने हैं, पिल्ले हैं। पिल्ला कोई कह करके न जाए, बल्कि वह कहे कि जैसे गुरुजी थे, वै...
- ऐसा न होता, तो जो अन्य कीड़े और मकोड़ों को, जीव और जन्तुओं को सुख-सुविधाएँ दी थीं, उससे ज्यादा मनुष्यों को क्यों दी होतीं?...? मनुष्यों को बहुत सुविधाएँ दी गयी हैं। मनुष्यों को बोलना आता है, मनुष्यों को पढ़ना आता है, लिखना आता ह...
- ऐसा नहीं होना चाहिए कि एक हजार इंजीनियरों की जरूरत है और दस हजार इंजीनियर पैदा किए जाएँ और नौ हजार इंजीनियर जिन्होंने पढ़ाई' लिखाई की है, बहुत सारा वक्त खरच किया है और पैसा खरच किया है, उनका क्या होगा?...? इस तरीके से जो नौकरी की बात है उसको पहले राष्ट्रीय आवश्यकता को ध्यान में रखा जाए कारखानों की आवश्यकत...
- ऐसा पक्षपात उसने क्यों किया?...? इसका उत्तर मनुष्य जीवन के लक्ष्य को समझने पर स्पष्ट हो जाता है। यदि मनुष्य प्राप्त अतिरिक्त अनुदान क...
- ऐसा पहलवान बनाएँगे माताजी?...? हाँ बेटे! बिलकुल ऐसा ही पहलवान बनाएँगे। मैंने जरा हँसकर यह भी कह दिया तो फिर आप ये अन्दाजा लगाते हों...
- ऐसा बताया गया है तो क्या उपासना भी कल्पवृक्ष हो सकती है?...? हाँ, उपासना ही कल्पवृक्ष हो सकती है। कैसे हो सकती है? मैं आपको बताता हूँ।सांसारिक मनोकामनाएँ क्या हो...
- ऐसा बढ़िया इंजेक्शन कोई अस्पताल बना सकता है?...? यह बहुत ही बढ़िया अस्पताल है, जो कीड़े-मकोड़ों से लेकर जानवरों, पशुओं, पक्षियों, मनुष्यों एवं सोते हुए ...
- ऐसा भयंकर दृश्य कहीं देखा है आपने?...? मरे हुए व्यक्तियों को तो देखा है कि मरने के बाद उन्हें जला दिया गया, पर जिन्दा बेटों को, जिन्दा बेटियो...
- ऐसा भयंकर दृश्य कहीं देखा है आपने?...? मरे हुए व्यक्तियों को तो देखा है कि मरने के बाद उन्हें जला दिया गया, पर जिन्दा बेटों को, जिन्दा बेटियो...
- ऐसा भी नहीं है, चाहेंगे तो उसको बुला लेंगे, इतना बड़ा काम करना है, तो क्यों नहीं बुला लेंगे?...? बुला भी सकते हैं और कभी भी न बुलाएँ, किसी को भी न बुलाएँ, तो आप उसमें निराश मत होइए, आप हमसे जुड़े ह...
- ऐसा भी मंत्र है?...? हाँ, उसका नाम है—खुदा और वह खुदा, खुदा करता हुआ नदी पार निकल गया। लेकिन एक और आदमी था जैसे आप हैं, उ...
- ऐसा भी है भगवान?...? हाँ बेटे, ऐसा भी भगवान है। गुरुजी! मैं तो सोच रहा था कि भगवान दयालु है। बेटे, आपका दयालु भी समझना ...
- ऐसा भी हो सकता है?...? हाँ बेटे, ऐसा हो सकता है। हथियार की बात है तो हथियार बन्दूक भी हो सकती है, चाकू भी हो सकता है, लाठी भ...
- ऐसा भुलक्कड़ है कि इससे ज्यादा भुलक्कड़ इस दुनिया में कोई होगा क्या?...? जहाँ तक भौतिक जीवन का सवाल है, वहाँ तक हम और आप बिल्कुल सही हैं, कभी भुलक्कड़ नहीं हो सकते। इस मामले...
- ऐसा मौका फिर कभी पाएँगे क्या?...? आज गायत्री जयंती के दिन मेरे मन के उद्गार यही थे जो मैंने आप लोगों के सामने पेश कर दिए, व्याख्यान के...
- ऐसा लगता है कि बस, अब तो यह न जाने क्या करेगा?...? किधर को जाएगा? जिधर को जाएगा, उधर ही सफल होता चला जाएगा।
मानसिक विकृतियाँ दूर करें
बेटे! मैं थ...
- ऐसा लगता है मानों इन्हें कहीं से मुफ्त का खजाना मिल गया हो?...? औसत भारतीय को दिनभर में कुछ घण्टे का ही काम मिलता है। शेष तो वे ज्यों-त्यों मटरगश्ती, आवारागर्दी, नि...
- ऐसा लगा कि जैसे हमारी कोई शैलो चली गई, हमारी लड़की चली गई क्या?...? अनाचार-अत्याचार पनप रहा है। अभी और पनपेगा। क्यों नहीं पनपेगा?
जब तक हम सिद्धान्तवादी नहीं बनेंगे, ...
- ऐसा व्यक्ति किसी आदमी को पैदा करने में समर्थ हो सकता है?...? नहीं, किसी आदमी को पैदा नहीं कर सकता। क्यों नहीं पैदा कर सकता? क्योंकि उसके अन्दर जो चुम्बकत्व होना...
- ऐसा व्यक्ति जाए कहाँ?...? सो सत्संग में जा बैठता है।
मित्रो! क्या करना पड़ेगा? घर-घर जाना पड़ेगा। सत्संग में अगर वास्त...
- ऐसा व्यवहार क्यों करता है?...? कैसे निभेंगे सम्बन्ध? निकाल दो बाहर। हिन्दू धर्म बेकार है। ईसाई धर्म अच्छा है। इसमें कोई खर्च नहीं, ...
- ऐसा सम्भव है?...? हाँ बेटे! अभी थोड़ी कमी है। अभी हम दाँतों से नहीं चीरते हैं। अभी हम आपको अकल से चीरते हैं। हम कोशिश...
- ऐसा सम्भव है?...? हो बेटे! अभी थोड़ी कमी है। अभी हम दाँतों से नहीं चीरते हैं। अभी हम आपको अकल से चीरते हैं। हम कोशिश क...
- ऐसा सन्त कहाँ से आए जो सबको ठीक कर दे?...? ऋषियों ने बहुतों को समझाया, परन्तु उनमें से कुछ ही समझ सके। बाकी दुष्टों-दुराचारियों को तो उनके हिसा...
- ऐसा सौदा करने से क्या लाभ जिसमें नुकसान भी रहे और बदनामी की हाँड़ी सिर पर फूटे?...? लड़की वाले को कमर तोड़ खर्च करना पड़ता है। बारात की आवभगत, ज्यौनार, भेंट-उपहार का खर्च बहुत बढ़ा-चढ़ा होत...
- ऐसा हम क्यों करते हैं?...? हमारा अपना पुरुषार्थ, कर्म अपने साथ हैं। इनका उपयोग भगवान के निमित्त करना चाहिए।
अपनी जिम्मेदारी ...
- ऐसा है हमारी बुआ यों कहती थीं कि हमारा जो फलाना लड़का था, उसकी शादी में तो इतने लाख रुपये आए थे, हम कैसे कम ले लेंगे?...? अरे भिखारी! तुझे ऐसे ही रहना आता है क्या? छोड़ इस दीनता को, भिखारीपन को छोड़।
सन्त की सन्तान हैं आ...
- ऐसा हो जाए तब?...? और मास्टर साहब जब किसी दिन गलती हो जाए और पकड़ने के लिए आएँ तो मैं खट् से गायब हो जाऊँ, जैसे गाँधी ज...
- ऐसा हो जायगा?...? नहीं बेटे, ऐसा नहीं हो सकता।त्याग-बलिदान की कथा-गाथाएँमित्रो! मैंने जो पुस्तक लिखी है ‘भारतीय संस्कृ...
- ऐसा हो जायेगा?...? नहीं बेटे, ऐसा नहीं हो सकता है। बुरी से बुरी परिस्थितियों में भी मैंने आशा का दीपक जला करके रखा ...
- ऐसा हो सकता था क्या?...? जब रावण ने भगा दिया था तो उसके लिए सम्भव था क्या? सम्भव नहीं था, लेकिन भगवान की समीपता थी न, भगवान का ...
- ऐसा हो सकता है क्या?...? हाँ, हो सकता है और आपके लिए भी हो सकता है, यकीन रखिए। यकीन दिलाने के लिए ही हमने आपको यहाँ बुलाया है...
- ऐसा हो सकता है क्या?...? हाँ, हो सकता है और आपके लिए भी हो सकता है, यकीन रखिये। यकीन दिलाने के लिए ही हमने आपको यहाँ बुलाया ह...
- ऐसा हो सकता है?...? हाँ बेटे ऐसा हो सकता है। सत्य हजार हाथी के बराबर बलवान् होता है। बच्चों ने भी सत्य का आश्रय लेकर बड़ी...
- ऐसा हो सकता है?...? हाँ हो सकता है। यह क्या बात है? अकल है और क्या है। आप सुनते तो हैं नहीं। अकल है नहीं। नहीं साहब! ह...
- ऐसा हो सकता है?...? इतनी दौलत दे जाए तब भी? हाँ बेटे, हो सकता है; क्योंकि गुण नहीं हैं, तो वह दौलत भी आपकी तबाही का कारण...
- ऐसा हो सकता है?...? हाँ, हो सकता है। नेपोलियन में क्या बात थी? आदमी था। कैसा आदमी था? क्या फरक था? कुछ भी फरक नहीं था। ब...
- ऐसा हो सकता है?...? हाँ बेटे, ऐसा हो सकता है। सत्य हजार हाथी के बराबर बलवान होता है। बच्चों ने भी सत्य का आश्रय लेकर बड़ी...
- ऐसा होता तो क्या करते?...? इस प्रकार की परिस्थितियाँ निर्मित कर छात्रों की कल्पना शक्ति एवं सृजनात्मकता का विकास करें।
- चित्रो...
- ऐसी आँख होती है?...? बेटे! कोई आँख नहीं है। फिर यह क्या है? तीसरी आँख विवेक की आँख, दूरदर्शिता की आँख, टेलीस्कोप की आँख, ...
- ऐसी कथा से कोई फायदा हो सकता है?...? नहीं, ऐसी कथा से कोई फायदा नहीं हो सकता, केवल कहानी सुनी जा सकती है। कृष्ण भगवान कब पैदा हुए थे? उनक...
- ऐसी कथा से कोई फायदा हो सकता है?...? नहीं, ऐसी कथा से कोई फायदा नहीं हो सकता, केवल कहानी सुनी जा सकती है। कृष्ण भगवान कब पैदा हुए थे? उनक...
- ऐसी कुण्डलिनियाँ होती हैं कहीं?...? ऐसे ही शक्तिपात कहीं शरीरों में होते हैं? बेटे ! शक्तिपात शरीरों में नहीं होते। शक्तिपात उसे कहते है...
- ऐसी कोई औरत देखी है आपने?...? ऐसी वेश्याएँ हो सकती हैं और कोई नहीं और वह भगवान का भक्त कैसा होगा जो अपने दुःखों में डूबा हुआ पड़ा र...
- ऐसी कोई शक्ति पैदा हुई है क्या?...? कोई शक्ति पैदा नहीं हुई। अगर कोई है तो हम ही अपने शत्रु हैं और हम ही अपने मित्र हैं। हम ही अपने को ऊ...
- ऐसी कौन सी चीज है, जिसके आदान-प्रदान से दोनों ही धनी बनेंगे?...? ’’
बालक अनेक विकल्प देने का प्रयास करते हैं, परन्तु वे इस प्रश्न का सही उत्तर नहीं दे पाते।
प्रशिक्ष...
- ऐसी कौन-सी दुकानदारी है बेटे जरा बताना?...? उन्होंने कहा—सन्तों के काम में हमने खर्च कर डाले। बाप बहुत नाराज हुए और नानक को मारपीट कर घर से निका...
- ऐसी क्या खुराफात करते थे आप?...? भगवान थे तो ये क्या मतलब कि ऐसी खुराफातें पैदा करें, जिससे लोगों को गलत रास्ते पर जाने का मौका मिल ज...
- ऐसी क्या नई बात आ गई है?...? पिताजी के न रहने से काम की सारी जिम्मेदारी आपके ऊपर आ गई है। काम भी बढ़ ही गया है। न हो तो एक-आध आदमी...
- ऐसी क्या बात है जो सुगन्ध को भी बदल देती है?...? वह है वातावरण जो जलवायु पर टिका हुआ है। नागपुर के सन्तरे और बंबई (मुंबई) के केले के बारे में आप जानते...
- ऐसी क्या बात है जो सुगन्ध को भी बदल देती है?...? वह है वातावरण जो जलवायु पर टिका हुआ है। नागपुर के सन्तरे और बम्बई के केले के बारे में आप जानते हैं न।...
- ऐसी क्या बात है जो सुगन्ध को भी बदल देती है?...? वह है वातावरण, जो जलवायु पर टिका हुआ है। नागपुर के सन्तरे और बम्बई के केले के बारे में आप जानते हैं ...
- ऐसी क्यों फिरती है?...? ऐसा क्यों होता है? सारी जिन्दगी हाथ मलते-मलते रह जाते हैं। कमाते-कमाते रह जाते हैं। उसी नारकीय योनि ...
- ऐसी गलत बात क्यों करते हैं?...? थोड़ी-सी पूजा से अगर ये सब चीजें मिल गई होतीं, फिर किसी आदमी को अपने जीवन को परिष्कृत करने की जरूरत क...
- ऐसी गलत सलाह देंगे कि मैं नहीं जानता कि इससे भी ज्यादा गलत सलाह देने वाला कोई और आदमी भी हो सकता है क्या?...? हमारा मन इतना घटिया है और हमारे कुसंस्कार इतने घटिया हैं, हमारी समझ इतनी वाहियात है कि जब भी सलाह दे...
- ऐसी गलती क्यों कर डाली?...? इस संपदा को, जिसकी मुझे जरूरत नहीं थी, उसी को मैं इकट्ठा करता रहा। यह क्यों करता रहा? मौत तो होनी ही...
- ऐसी चिन्ता न कीजिए कि मैं चमड़ा न उधेडूँगा तो कौन उधेड़ेगा?...? विश्वास रखिए, प्रकृति के साम्राज्य में उस तरह के भी अनेक प्राणी मौजूद हैं। अपराधियों को दण्ड देने वा...
- ऐसी जानकारी मिले तो किसानों के बालकों को नौकरी तलाश करने की आवश्यकता क्यों हो?...? शिक्षा का यह उद्देश्य है, किस ओहदे का लड़का है, प्राइमरी शिक्षा लेने के बाद में बच्चों की रुचि और व्य...
- ऐसी तसवीरें क्या कहीं दिखाई पड़ती हैं?...? मैंने तो आज तक नहीं देखीं। उनके जैसा हिन्दुस्तान में त्याग करने वाला अनोखा उदाहरण एकमात्र वही थे। आज ...
- ऐसी दयामयी नारी का उपकार यदि तिरस्कार तथा उपेक्षा से चुकाया जाता है तो इससे बड़ी शर्म की बात और क्या हो सकती है?...? पत्नी के रूप में उसका महत्त्व कुछ कम नहीं है। नारी पुरुष की अर्द्धांगिनी है। पत्नी के बिना पति का व्...
- ऐसी दशा में विचारणीय यह है कि बीमारियाँ मात्र मनुष्य पर ही हमला क्यों करती है, अन्य जीव-जन्तुओं को दबोचने में उनकी रुचि क्यों नहीं?...? तथ्यों तक पहुँचना हो तो आज या हजार वर्ष बाद इसी निष्कर्ष पर पहुँचना होगा कि प्रकृति अनुशासन के प्र...
- ऐसी दशा में व्यवहार व्यवस्थाओं की प्रधानता के आधार पर बनी हुई सभ्यताएँ सार्वदेशिक अथवा सर्वकालीन हो ही कैसे सकती हैं?...? अँग्रेजी सभ्यता भारत के लिए उपयुक्त बैठ सकती है इसमें पूरा सन्देह है।
भारतीय संस्कृति महान ही ...
- ऐसी दशा में अकर्मण्य और पलायनवाद का दोष ऊपर कहाँ लदा?...? तपस्वी सदा ऐसी ही रीति-नीति अपनाते हैं। वे निष्क्रिय दीखते भर हैं, वस्तुतः अत्यधिक व्यस्त रहते हैं। ...
- ऐसी दशा में अपना निर्णय क्या हो?...? इनमें से किसे पसन्द किया जाय?
दर्शन शास्त्र के मतभेद भी ऐसे ही हैं। हिन्दू दर्शनों में योग, सा...
- ऐसी दशा में अपने छोटे दायरे में छोटी प्रगति की बात भी कहाँ बन पड़ेगी?...? वर्तमान परिस्थितियों में आत्मोद्धार के पश्चात विश्वोद्धार की नीति नहीं अपनाई जा सकती। अब दोनों प्रया...
- ऐसी दशा में अबोध बालक कभी स्वयं हैरान हो, कभी घरवालों पर खीझे और कभी आसमान तक लातें चलाकर चन्द्रमा को धराशायी बनाने के लिए रौद्र रूप धारण करे, तो क्या किया जाये?...? यह समझने-समझाने के अतिरिक्त और किसी प्रकार बात बनती ही नहीं कि अपनी सोच बदल ली जाये, तो अत्यधिक व्यथ...
- ऐसी दशा में उनकी प्रवृत्ति विधर्मी बनने के लिए उभरती है तो उसमें अनुचित भी क्या है?...? कौन अकारण अपने मानवीय अधिकारों का हनन कराता हुआ किसी अविवेकी वर्ग का अंग बने रहना स्वीकार करेगा। पिछ...
- ऐसी दशा में कोई कुछ सुधारात्मक बड़ा काम किस आधार पर आरम्भ करे?...? किसी बड़े परिवर्तन के लिए कोई किसलिए साहस इकट्ठा करे?शोषक और दुष्ट-दुराचारी अपने द्वारा उत्पीड़ित शोषि...
- ऐसी दशा में कोल्हू के बैल की तरह एक नीरस चक्र की धुरी पर घूमती रहने वाली नारी को अपनी स्थिति की निराशा और व्यथा अनुभव होती हो और खीज उठती हो तो आश्चर्य ही क्या है?...? कहना न होगा कि यह स्थिति पिछड़ेपन की ही सूचक है, भले ही उसके परिवार के लोग कितनी ही सम्पन्नता का दम ...
- ऐसी दशा में कोल्हू के बैल की तरह एक नीरस-चक्र की धुरी पर घूमती रहने वाली नारी को अपनी स्थिति से निराशा और व्यथा अनुभव होती हो और खीज उठती हो तो आश्चर्य ही क्या है?...? कहना न होगा कि यह स्थिति पिछड़ेपन की ही सूचक है, भले ही उसके परिवार के लोग कितनी ही सम्पन्नता का दम ...
- ऐसी दशा में गायत्री को सार्वभौम मान्यता मिले और उसे सार्वजनिक ठहराया जाए, तो इसमें आश्चर्य ही क्या है?...? यज्ञ और गायत्री एक-दूसरे के पूरक गायत्री का पूरक एक और भी तथ्य है—यज्ञ। दोनों के सम्मिश्रण से ही पूर...
- ऐसी दशा में देवता असमंजस में फँस सकता है कि किसकी मनोकामना पूरी करें?...? किसकी न करें? फिर देवता पर भी रिश्वतखोर होने का चापलूसी पसन्द सामन्त जैसा स्तर होने का आरोप लगता है।...
- ऐसी दशा में नीति न्याय की बात कौन सुने?...? सद्भाव अब आत्मिक उपादान नहीं रहा उसे शिष्टाचार की विडम्बना के रूप में ही स्वीकारा गया है। फलतः एक ...
- ऐसी दशा में पोषणविहीन और जीवन तत्त्वों से रहित अप्राकृतिक भोजन करने वाला व्यक्ति बीमारी के चंगुल में फँसता चला जाये तो आश्चर्य क्या है?...? माँस, मदिरा, तम्बाकू जैसे अभक्ष्य पदार्थ स्वास्थ्य की बर्बादी के अतिरिक्त रत्ती भर भी लाभ नहीं दे सक...
- ऐसी दशा में प्रगतिशीलता के लिए बनाये गये निर्धारणों का क्रियान्वयन सम्भव है?...? वर्ग भेद के कारण देश की बहुत बड़ी जनसंख्या अशक्त असमर्थ बन कर रह रही है। जनसंख्या में आधे नर और आधी न...
- ऐसी दशा में यदि उलटा मार्ग अपनाने का निर्णय करते बन पड़े तो इसमें आश्चर्य ही क्या?...? मानवी दिव्य चेतना के लिए इस प्रचलन को अपनाना सर्वथा अवांछनीय है। ऐसा कुछ तो कृमि-कीटक और पशु-पक्षी भ...
- ऐसी दशा में यदि कोई अनाचारी व्यक्ति अपने कुकर्म व्यवसाय को अधिक लाभदायक समझे तथा और भी अधिक साहस के साथ करने लगे तो आश्चर्य ही क्या है?...? अनाचार को प्रोत्साहन और सदाचार को हताश करने में लोकमत की दुर्बलता एक बहुत बड़ा कारण है। उसमें सुधार प...
- ऐसी दशा में यदि घबराये हुए व्यक्ति को असफलता का मुँह देखना पड़े तो आश्चर्य ही क्या है?...? कोई नई वस्तु, पशु या व्यक्ति घर में आया तो देखते हैं कि यह शुभ है या अशुभ। संयोगवश कोई हानिकर प्रसंग...
- ऐसी दशा में लोकशक्ति को जगाना, लोकमंगल का प्रयोजन पूरा कर सकना किस प्रकार सम्भव होगा?...? जनता की स्थिति भी अब अजीब बन चली है। वक्ताओं और नेताओं की कथनी तथा करनी में जमीन-आसमान जितना अन्तर द...
- ऐसी दशा में वह निरर्थकतावादी बन जाए तो आश्चर्य ही क्या है?...? हिप्पीवाद इसी नीरस निरर्थक जीवन की निरंकुश अभिव्यक्ति है। अभी इसका आरम्भ है। अनास्था जितनी ही प्रख...
- ऐसी दशा में वे उपेक्षा और उपहास के निमित्त कारण बन गए तो आश्चर्य ही क्या है?...? नवयुग में उस सार्वभौम, सर्वजनीन भाव उन्नयन प्रक्रिया का पुनर्जीवन सम्भव किया जा रहा है। सतयुग की व...
- ऐसी दशा में व्यक्ति और समाज को पतन पराभव के किस गर्त में गिरना पड़ेगा?...? इसकी सहज कल्पना की जा सकती है, जो तथ्य सामने हैं, वे किसी भी विचारशील का दिल दहलाने के लिए काफी हैं।...
- ऐसी दशा में शाकों के उपयोग से वंचित रहने वाले जन समुदाय को यदि कुपोषणजन्य दुर्बलता एवं रुग्णता का शिकार बनना पढ़ता हो तो इसमें आश्चर्य ही क्या?...? घरेलू शाक वाटिकाएँ इस समस्या का सहज समाधान प्रस्तुत करती हैं। आँगनवाड़ी, छतवाड़ी, छप्परवाड़ी के रूप में...
- ऐसी दशा में संसार का वास्तविक रूप क्या हो सकता है?...? यह निर्णय कर सकना सर्वथा असम्भव है।...
- ऐसी दशा में सत्य तक कैसे पहुँचा जाय?...? प्रश्न का सही उत्तर यह है कि जीवन को ही जीवित जाग्रत देवता माना जाये। उसके ऊपर चढ़े कषाय-कल्मषों का ...
- ऐसी दशा में सर्वनाश के अतिरिक्त और क्या हल हो सकता है?...? यह ढूँढ़ना समझदारी का काम है। समय रहते यह प्रकट होगी। नये विकल्प सूझेंगे। पीछे हटने में भलाई लगेगी। व...
- ऐसी दशा में सामाजिक दृष्टि से अपना समाज दिन-दिन अधिक गई गुजरी स्थिति में गिरता चला जाय तो आश्चर्य ही क्या है?...? लड़की वाला अपने समय पर सुधारवादी बनता है और देन दहेज को कोसता है, पर जब अपने लड़के का समय होता है तो व...
- ऐसी दशा में सुदूर देशों में फैले हुए सांस्कृतिक विस्तार को पोषण देने की बात कौन सोचता?...? इन उलझनों से भारतीय प्रचारकों द्वारा अन्य देशों में पहुँचाने वाला भावनात्मक रक्त-प्रवाह रुक गया और क...
- ऐसी दृष्टि कहाँ है?...? तेरे पास, चिन्तन कहाँ है? तेरे पास आस्थाएँ कहाँ हैं? तेरे पास विश्वास कहाँ है? अगर तेरा यह खयाल है कि...
- ऐसी दृष्टि कहाँ है?...? तेरे पास विश्वास कहाँ है? अगर तेरा यह खयाल है कि कृत्यों के माध्यम से, घटनाओं के माध्यम से, क्रिया-क...
- ऐसी धारणाओं वाले लोग सदैव साधन सुविधाओं के लिए रोते-रिरियाते रहने के बजाय एक बाद दृष्टि उठाकर उन लोगों की ओर क्यों नहीं देखते कि प्रचुरता से परिपूर्ण होने पर भी क्या वे सुखी हैं, प्रसन्न और सन्तुष्ट हैं?...? यदि धन-दौलत तथा साधन सुविधाएँ ही प्रसन्नता की हेतु होतीं तो संसार का हर धनवान अधिक से अधिक सुखी और स...
- ऐसी निष्ठा होती है कोई?...? एक से श्रद्धा नहीं बनेगी क्या? मित्रो! हमारे भीतर श्रद्धा है। हमने एक का पल्ला पकड़ लिया है और सारे ज...
- ऐसी बाण-विद्या किसी ने भी नहीं सीखी?...? कुत्ते का नुकसान तो भूल गए ये पता लगाने लग गए कि ऐसा विद्वान कौन आ गया है? तलाश करने लग गए तो मालूम ...
- ऐसी बात क्यों कहते हैं?...? आपको अपना पुरुषार्थ जाग्रत करना पड़ेगा, भगवान का कहना मानना पड़ेगा।...
- ऐसी बड़ी उपलब्धि मनुष्य को किस ऊँचाई पर नहीं पहुँचा सकती?...? किन्तु यहाँ पर भी एक सावधानी बरतने की आवश्यकता है। बहुत बार लोग प्रारम्भ में सामाजिक बने रहते हैं। स...
- ऐसी भी साधना होती है?...? इतनी सस्ती होती है? साधना इतनी सस्ती होती है? इतनी कीमती चीजें आप इतने डैम चीप (damn cheap) कीमत में...
- ऐसी मक्कारी क्यों करता है?...? या तो तू हमारे कहने पर चल या हम तेरे कहने पर चलें। अगर तू अपने कहने पर हमारा तपबल चलाना चाहता है तो ...
- ऐसी महत्त्वपूर्ण तथा जीवनदायिनी नारी की उपेक्षा करना कहाँ तक ठीक है?...? यह एक विचारणीय विषय है।
नारी अपने विभिन्न रूपों में सदैव मानव जाति के लिए त्याग, बलिदान, स्नेह, ...
- ऐसी महिला है जिसकी हुकूमत कितनी हो सकती है, आप जानते हैं?...? बेटे मेरा ऐसा ख्याल है कि गायत्री माता की आज तक हमने जो भी फोटो बनायी है, या जो मूर्तियाँ स्थापित ...
- ऐसी मान्यताओं को अदूरदर्शिता और घोर प्रतिगामिता के अतिरिक्त और क्या कहा जाए?...? विवाह तब होना चाहिए, जब दोनों एक-दूसरे को सहमत कर सकने और आगे बढ़ाने के लिए समुचित योगदान दे सकने की...
- ऐसी व्यवस्था कहाँ से आएगी?...? आप जानते है क्या? ऐसी व्यवस्था सिर्फ भारतीय संस्कृति में है। अगले दिनों एक ऐसी व्यवस्था कायम करनी ...
- ऐसी शक्ति मिल सकती है?...? मैं आपको अपने लम्बे अनुभवों की साक्षी देकर के यकीन दिलाता हूँ कि आपके लिए ऐसी शक्तियों का, सिद्धियों ...
- ऐसी समृद्धि आप नहीं इकट्ठी करेंगे क्या?...? आज गायत्री जयंती के दिन मेरा भाव और मन था कि आपको अपने जीवन के रहस्य, निश्चय और अपने विश्वासों को आप...
- ऐसी स्थिति में आप सम्पन्न कैसे हो जाएँगे?...? अकल तो है नहीं, योग्यता तो है नहीं, विद्या तो है नहीं, पुरुषार्थ है नहीं, परिश्रम है नहीं, चांस ह...
- ऐसी स्थिति में अगर भगवान के दरबार में जाएँ तो सिवाय घृणा के और क्या मिल सकता है हमको?...? मित्रो! अगर आपको आध्यात्मिकता से लाभ उठाने हों तो आपको देवताओं का स्वरूप धारण करना पडेगा। देवताओं को...
- ऐसी स्थिति में आपकी शान्ति कैसे स्थिर रहेगी?...? फिर आप भजन कैसे कर लेंगे? फिर आप अच्छी जिन्दगी कैसे जी लेंगे? फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे...
- ऐसी स्थिति में इन्सान के बराबर कोई देवता, हँस या दूसरे पक्षी की पीठ पर बैठेगा तो कैसे बैठेगा?...? मित्रो! यह एक अलंकार है, जिसमें यह बताया गया है कि हँस उस व्यक्ति का नाम है, जो उचित और अनुचित का फ...
- ऐसी स्थिति में गायत्री को ही गुरुमंत्र क्यों कहा गया?...? यह विचारणीय हो सकता है। भारतीय संस्कृति में गुरु की व्याख्या करते हुए उसके दो महत्त्वपूर्ण कार्य बता...
- ऐसी स्थिति में फिर आपको क्या करना चाहिए?...? लगाव को कम करना चाहिए। लोगों से, वस्तुओं से आपका लगाव जितना ज्यादा होगा, आप उतना ही ज्यादा कष्ट पाएँ...
- ऐसी स्थिति में ब्राह्मण-परम्परा का निर्वाह कैसे हो?...? क्या उपयुक्त व्यक्तित्वों के अभाव मात्र से किसी श्रेष्ठ परम्परा का लोप हो जाना चाहिए? समाज की प्रगति...
- ऐसी स्थिति में भूत की स्मृतियों और निरन्तर परिवर्तित अनिश्चित भविष्य की चिन्ताओं में वर्तमान को क्यों नष्ट किया जाय?...? जान रास्कन अपनी मेज़ पर एक पत्थर का टुकड़ा रखते थे जिस पर आज शब्द लिखा हुआ था। एक मित्र को इसका रहस्य...
- ऐसी स्थिति में ६०० करोड़ मनुष्यों का विचार परिष्कार (ब्रेन वाशिंग) कैसे सम्भव हो?...? गलत प्रचलनों की दिशाधारा उलट देने का सुयोग किस प्रकार मिले? जब अपना छोटा सा घर-परिवार सँभाल नहीं पात...
- ऐसी स्थिति से हमको वहाँ क्यों जाना चाहिए?...? हमको वहाँ क्यों नहीं जाना चाहिए जहाँ पूरा का पूरा डिब्बा खाली पड़ा है। धर्म का क्षेत्र खाली पड़ा ह...
- ऐसी स्थिति से हमको वहाँ क्यों जाना चाहिए?...? हमको वहाँ क्यों नहीं जाना चाहिए जहाँ पूरा का पूरा डिब्बा खाली पड़ा है। धर्म का क्षेत्र खाली पड़ा हुआ ह...
- ऐसी हालत में दूसरे देशों में प्रकाश फैलाने का उत्तरदायित्व कौन संभालता?...? यदि संभाला न जाए तो सुरम्य उद्यान कुछ समय में झाड़-झंखाड़ों से भरा अनगढ़ एवं अस्त-व्यस्त हो जाता है।...
- ऐसी हालत में बेकार छेड़छाड़ क्यों की जाए?...? इस प्रकार के प्रश्न कई परम्परावादी उठाया करते हैं।
स्थिति ज्यों की त्यों बनी रहने देने से, उथल-पुथ...
- ऐसी हालत में हम आपके साथ अनीति और विश्वासघात कैसे कर सकते हैं?...? अगर हम राम जप को जानते होंगे, तो हमारा जीवन किस तरह का होगा? प्रत्येक कन्या के प्रति, प्रत्येक लड़की ...
- ऐसी हालत में हम लगातार सत्संग कैसे कर पाएँगे?...? कभी साल-दो साल में एक-आध घण्टे का सत्संग कर लिया, तो क्या उससे हमारा उद्देश्य पूरा हो जाएगा? इसलिए अच...
- ऐसी हालत में हम लगातार सत्संग कैसे कर पाएँगे?...? कभी साल-दो साल में एक-आध घण्टे का सत्संग कर लिया तो क्या उससे हमारा उद्देश्य पूरा हो जाएगा? इसलिए अच...
- ऐसी-ऐसी जनश्रुतियाँ भी दिमाग में घूम गईं और समझ में आया कि यदि इन घटनाओं के पीछे मेस्मेरिज्म स्तर की जादूगरी थी, तो ‘‘महान्’’ कैसे हो सकते हैं?...? ठण्डे प्रदेश में गुफा में रहना जैसी घटनाएँ भी कौतूहल वर्धक ही हैं। जो काम साधारण आदमी न कर सके, उसे ...
- ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए?...? ? उनका समाधानभी उसी श्लोक में हुआ जिसका कि मैंने आप लोगों के सम्मुख विवेचन किया-'भवानी शंकरौ वंदे' भ...
- ऐसे आदमियों पर कोई विश्वास नहीं करता, वास्ता नहीं रखता और आदान-प्रदान के झंझट में नहीं पड़ता, कारण कि जो दुर्व्यवहार अन्यों के साथ किया जा रहा है, वैसा ही बर्ताव अपने साथ न होगा, उसकी क्या गारण्टी है?...? हेय आचरण वाले चरित्र की दृष्टि से छूत के रोगी बन जाते हैं। क्षय, कैंसर, कोढ़, दाद आदि को छूत का रोग...
- ऐसे आप क्या कह आईं?...? ऐसे ही मेरे दिमाग में आ गया। मैंने कहा—हम मरें, तो हमें यहीं समाधि देना। हम तो यहीं रहेंगे, शान्तिकु...
- ऐसे आया तो कैसे काटूँगा?...? वैसे काटूँगा। इस तरीके से तलवार चलाता हूँ।
भगवान के तीन शत्रु
नारद जी ने कहा—अच्छा नाम तो ...
- ऐसे उद्धार होगा?...? नहीं बेटे, ऐसे उद्धार नहीं होगा। कैसे होगा? जिस रास्ते पर हम चले हैं, उस रास्ते पर तू भी चल।बेटा वह,...
- ऐसे उद्धार होगा?...? नहीं बेटे, ऐसे उद्धार नहीं होगा। कैसे होगा? जिस रास्ते पर हम चले हैं, उस रास्ते पर तू भी चल। राहुल न...
- ऐसे उद्योगी व्यक्ति के पास वासना पूर्ति के लिये समय ही कहाँ?...? आलसी व्यक्ति को कामदेव पटक-पटक कर मारता है। किन्तु जो सदा सुकर्मों में प्रवृत्त रहता है, आलस्य को मा...
- ऐसे काम होता है?...? ’’
‘‘खादी की दुकान पर जाओ और वहाँ से सस्ती वाली, खादी की आधी बाजू की बनियान (हाफ कुर्ता) ले कर आओ। ...
- ऐसे कार्यकर्ताओं को तैयार करना इस विश्वविद्यालय के लिए क्या कठिन होगा?...? इन्जीनियर बनाने वाले विश्वविद्यालय अपना काम करते हैं, चिकित्सक डॉक्टर बनाने वाले विश्वविद्यालय अपना ...
- ऐसे कैसे कहा?...? गायत्री मंत्र देखने-सुनने में बहुत छोटी चीज मालूम पड़ती है। आप जो उसका हिस्सा जानते हैं, वह उसकी प्र...
- ऐसे कैसे काम चलेगा?...? नहीं साहब! हम खाएँगे तो नहीं, इसके नाम का जप करेंगे। नाम का जप करेगा और क्या करेगा? डिब्बे को? बेटे!...
- ऐसे कैसे दे देंगे?...? तेरे पास उससे लड़ने का माद्दा है कि नहीं। हमारे गुरु ने चौबीस साल तक हमारा इम्तिहान लिया। चौबीस साल त...
- ऐसे कैसे हो सकता है?...? जिसके यहाँ जो होगा, वही तो देगा। जो चीज है ही नहीं, तो वह कैसे दे देगा? जब हनुमान जी का ब्याह हुआ नह...
- ऐसे कैसे हो सकता है?...? यह जीभ तो चमड़े की ही रहेगी।
किनका स्नान कराएँ?
बेटे! फिर एक काम कर, तेरे मुँह में...
- ऐसे कैसे हो सकता है?...? जिसके यहाँ जो होगा, वही तो देगा। जो चीज है ही नहीं, तो वह कैसे दे देगा? जब हनुमान जी का ब्याह हुआ नह...
- ऐसे कैसे हो सकता है?...? यह जीभ तो चमड़े की ही रहेगी। किनका स्नान कराएँ? बेटे! फिर एक काम कर, तेरे मुँह में यह जो सफेद-सफेद भा...
- ऐसे कौन आपकी मनोकामना पूरी कर देगा, बताइए?...? रावण की मनोकामना पूरी करने में कौन समर्थ हो गया? सिकन्दर की मनोकामना कही पूरी हुई? नेपोलियन बोनापोर्...
- ऐसे क्यों फिरती है?...? ऐसा क्यों होता है? सारी जिन्दगी हाथ मलते-मलते रह जाते हैं | कमाते-कमाते रह जाते हैं। उसी नारकीय योनि...
- ऐसे जीने से लाभ क्या?...? इससे तो जीवन का अन्त कर देना ही अच्छा है।
पर करें कैसे? किसी ने कहा था कि धतूरे के बीज खा लेने से मृ...
- ऐसे जोड़े मिलते कहाँ है?...? जब तक वैसी स्थिति प्राप्त न हो, केवल इन्द्रिय सुख के लिए काम सेवन एक क्षणिक आवेश और हानिकारक कार्य ह...
- ऐसे डूबने वाले व्यक्ति को आपने देखा है?...? हमने कहा—नहीं देखा है। तो सुनिए ऐसे पार लगाता है कि जो कोई आदमी पानी में डूबने वाला है तो निकालने वा...
- ऐसे थे वे सज्जन, जिनकी अकल ने क्या कमाल किया, आपको मालूम है?...? उन सज्जन ने हिन्दुस्तान और पाकिस्तान का नारा लगाया। कितनी तादाद में लोगों की तबाही हुई, किस कदर बरबाद...
- ऐसे दुराग्रही तो शायद बिजली का प्रयोग करने और नल का पानी पीने से भी ऐतराज कर सकते हैं?...? उन्हें शायद गुफा बनाकर रहने का भी आग्रह हो, क्योंकि पूर्व पुरुषों ने निवास के लिए उसी प्रक्रिया को स...
- ऐसे नाचीज आदमी और दुनिया में नहीं है तो क्या विनोबा भावे व्याख्यान दे सकते हैं?...? बेटा! मामूली सा देते हैं, कोई खास व्याख्यान नहीं देते। पढ़े-लिखे हैं? श्री साहब। वो क्या पढ़े-लिखे ह...
- ऐसे नाचीज आदमी और दुनिया में नहीं हैं तो क्या विनोबा भावे व्याख्यान दे सकते हैं?...? बेटा! मामूली सा देते हैं, कोई खास व्याख्यान नहीं देते। पढ़े-लिखे हैं? अरे साहब! वो क्या पढ़े-लिखे है...
- ऐसे पातकियों पर यदि भौतिक कोप अधिक हों तो कुछ आश्यर्च नहीं?...? सम्भव है उनकी कायरता को दूर करने एवं स्वाभाविक सतेजता जगाकर निष्पाप बना देने के लिए अदृश्य सत्ता द्व...
- ऐसे फटेहाल मजनू होते हैं?...? उसने कहा कि तब तो हम भी मजनू बनेंगे और दूसरे दिन से एक और मजनू बन गया। लंबा तिलक, लम्बी माला, कंठा पह...
- ऐसे बैरागी हम कहाँ हो सकते हैं?...? ऐसा हमारे लिए सम्भव नहीं है, क्योंकि वह रास्ता जिन लोगों ने अख्तियार किया है, उन लोगों में से सभी क...
- ऐसे भी कहीं कुण्ड बनते हैं क्या?...? कुण्ड ऐसे बनने चाहिए थे। तो आप कहाँ चले गये थे? हम तो साहब वहाँ बैठे थे, अख़बार पढ़ रहे थे। अखबार ...
- ऐसे भी कोई इनसान होते हैं?...? ऐसे तो भेड़िये होते हैं। आप वकील हैं, तो भेड़िये भी हो सकते हैं। आप वकील हैं, तो हम क्या करें? आप बड...
- ऐसे महामानव जिन्होंने आदर्शों का परिपालन और लोकमंगल के लिये समर्पित होने के रूप में अपने जीवन का उत्सर्ग किया, उन्हें भी प्रतीक माना जा सकता है?...? राम, कृष्ण, बुद्ध, गाँधी आदि को भगवान् का अंशावतार कहा जा सकता है। उन्हें इष्ट मानकर उनके ढाँचे में ...
- ऐसे महामानव, सन्त और राष्ट्रपिता में खूबी क्या है?...? हिन्दुस्तान वालों ने कह दिया, चल, हम अपने पिता का सर देंगे? मूल्य लेंगे उसका? हमको नहीं चाहिए उसकी की...
- ऐसे मार्गदर्शन का साहित्य लिखा गया होता, छपता और पाठकों तक उचित मूल्य में पहुँचता तो कैसा अच्छा होता?...? पर दिखता इस क्षेत्र में भी अँधेरा ही है।पुस्तकों के नाम पर पहाड़ के बराबर हर दिन कागज काला होता है। प...
- ऐसे मुफ्त में कैसे ले लूँगा किसी का पैसा?...? इस तरह वह रोज एक साथ उँगलियाँ कट-काटकर उसकी माला देवी को पहनाया करता था? कौन? खूँख्वार अंगुलिमाल ड...
- ऐसे मुफ्त में कैसे ले लूँगा किसी का पैसा?...? इस तरह वह रोज एक साथ उँगलियाँ काट-काटकर उसकी माला देवी को पहनाया करता था।...
- ऐसे में आपको कैसे उठाऊँ?...? आपकी बेड़ियों को मैं काटूँगा क्योंकि हमारे बाद इन बच्चों को खिलाने वाला, नर्सिंगहोम चलाने वाला कहाँ...
- ऐसे में आपको कैसे उठाऊँ?...? आपकी बेड़ियों को मैं काटूँगा क्योंकि हमारे बाद इन बच्चों को खिलाने वाला, नर्सिंगहोम चलाने वाला कहाँ स...
- ऐसे में दोनों का आपस में सम्बन्ध सूत्र तब तक नहीं मिलेगा, जब तक कि आपस की जानकारियाँ बढ़ेंगी नहीं, तब तक हम तो यही तलाश करते रहेंगे कि इस तरह के आदमी कहाँ हैं?...? लोगों को भी यह मालूम नहीं हो पायेगा कि कोई इस तरह का मिशन है।मित्रो! हमारी जैसी संस्थाएँ हिन्दुस्तान...
- ऐसे में पढ़ा नहीं सकते, तो फिर क्या योजना है?...? कुछ नई स्कीम है, जो आज गुरुपूर्णिमा के दिन कहना है और वह यह है कि प्रज्ञा विद्यालय तो चलेगा यहीं, क्...
- ऐसे में भला युद्ध कैसे हो सकता है?...? हम मारे जाएँगे। इसलिए वह इसलिए वह बार-बार मना कर रहा था और कह रहा था कि महाराज हमें लड़ाइए मत, इसमें ...
- ऐसे में, मैं कैसे मानूँगा कि आप भगवान को जानते हैं?...? भगवान को पाने की बात तो बहुत दूर की है, आगे की बात है। आप भगवान को जानते हैं? आपने कहा—हम तो जानते ह...
- ऐसे लोग किसी का सच्चा सम्मान नहीं पा सकते और उसके बिना सहयोग भी कैसे मिलता है?...? एकाकी मनुष्य जिसे दूसरों का सहयोग न मिल सके। कभी कोई बड़ी प्रगति न कर सकेगा।श्रेष्ठ उदार और सज्जन प्र...
- ऐसे लोगों का किस पर क्या प्रभाव पड़ सकता है?...? रचना, सभाएँ जमाना और लच्छेदार लैक्चरबाजी करना तथाकथित आत्म विज्ञापन बाजों का एक शुगल मात्र रह गया है...
- ऐसे लोगों की शारीरिक बलिष्ठता कैसे सराही जा सकेगी?...? यही बात बुद्धिबल, धनबल आदि के सम्बन्ध में है। उसका सदुपयोग करने वाले अपने लिए भर्त्सना और दूसरों के ...
- ऐसे लोगों को इस बात की भी जानकारी नहीं है कि बच्चे खेलेंगे कहाँ?...? आप तो केवल वंश के पीछे पड़ गए हैं। आप यह नहीं समझना चाहते कि आपके बच्चे ही केवल अपने बच्चे नहीं हैं,...
- ऐसे लोगों को क्या शान्ति मिलने वाली है?...? नहीं, वे निरन्तर अशान्ति की आग में जलते रहते हैं और जलते रहेंगे। मनुष्य का जीवन प्रगतिशील एवं उन्नत...
- ऐसे लोगों को समझाने से क्या बात बनेगी?...? ऐसे जड़ लोग बातों से समझ नहीं सकते।अनीति का प्रतिरोध जरूरीफिर किस तरीके से क्या किया जाए? रचनात्मक का...
- ऐसे लोगों से हमारा क्या प्रयोजन पूरा होता?...? — अखण्ड ज्योति, अक्टूबर १९६६, पृष्ठ ४५,४६४. अभिलाषा इतनी भर है कि अपने परिवार से जो आशाएँ रखी गई है...
- ऐसे वातावरण में अभावों की अनुभूति तो हो ही कैसे सकती है?...? मनुष्य की वास्तविक आवश्यकताएँ अत्यन्त स्वल्प हैं। उन्हें कुछ ही घण्टे के साधारण श्रम से सुविधापूर्वक...
- ऐसे वातावरण में भूखे भेड़ियों से उनके शील की रक्षा के लिए परदा ओढ़ने की आवश्यकता किस आधार पर अनुभव की जानी चाहिए?...? यह प्रथा भारतीय पुरुष समाज पर गहरा लांछन है कि उनकी बहनों और बेटियों को परदा ओढ़कर किसी तरह अपना शील...
- ऐसे वातावरण में भूखे भेड़ियों से उनके शील की रक्षा के लिए पर्दा ओढ़ने की आवश्यकता किस आधार पर अनुभव की जानी चाहिए?...? यह प्रथा भारतीय पुरुष समाज पर गहरा लांछन है कि उनकी बहिनों और बेटियों को ओढ़ कर किसी तरह अपना शील बच...
- ऐसे व्यक्ति को आप हारा हुआ मानेंगे या जीता हुआ मानेंगे?...? आदमी का साहस ही क्या जो मौत का मुकाबला नहीं कर सकता? मुसीबतों का मुकाबला नहीं कर सकता? बेटे! जीतता व...
- ऐसे समय में पूरी सावधानी रखनी चाहिए और वह कैसे बच्चों के साथ रह रहा है तथा उनकी प्रवृत्ति और स्वभाव कैसा है?...? इनका ध्यान रखना चाहिए। पाठशाला की संगति के सम्बन्ध में बच्चे के दूसरे साथियों, अध्यापकों और स्वयं बच...
- ऐसे सिद्ध सन्त के चरणों में भला कौन नतमस्तक नहीं होगा?...?
खान साहब मन ही मन कृतज्ञ होकर जिस पत्नी को गोद में लाद कर लाये थे, उसे अपने पैरों चलाते हुए लेकर च...
- ऐसे सौभाग्यों में श्रेयार्थी का विवेक प्रमुख होता है अथवा उपनिषद्कार के अनुसार, '' महानता जिसे चाहती है उसे वरण कर लेती है '' की उक्ति में सन्निहित दैवी अनुकंपा के प्रतिपादनों में से कौन-सा सही है?...?
चन्दन के समीप उसे झाड़-झंखाड़ों के सुगन्धित बन जाने और उसी मूल्य में बिकने की किंवदंती प्रख्यात ह...
- ऐसे स्वर्ग का क्या करेंगे?...? वही उन्होंने बीड़ा उठाया और अपने अन्दर यह दृढ़ संकल्प किया कि व्यक्ति के अन्दर देवत्व का उदय होना चा...
- ऐसे हाल में पड़े रहने की अपेक्षा तो माला घुमाना और राम का नाम लेना क्या बुरा है?...? लेकिन आप यह मत समझिये कि उपासना का मतलब.... उपासना का मतलब राम-नाम लेना ही नहीं होता, माला घुमाना ही...
- ऐसे ही कर्म को, ऐसे ही तकदीर को पकड़े बैठा रहेगा?...? नहीं, जो तेरे साथ में फल और कर्तव्य बँधे हैं, उनका तू सामना कर। उसका तू पालन कर। कृष्ण ने तो केवल अक...
- ऐसे ही छापने-बेचने के लिए कुछ रच लिया जाय तो उससे नारी को सुविकसित बनाने वाली शिक्षा की आवश्यक पूर्ति कहाँ हुई?...? महिला जागृति अभियान के अन्तर्गत इस प्रकार का लेखन आरम्भ हो गया है। उसका प्रकाशन भी अगले ही दिनों होन...
- ऐसे ही ब्राह्मण व्यक्ति को वरण करने के लिए, उनके साथ होने के लिए, उनके प्राण बचाने और रक्षा करने के लिए माँ गायत्री तलाश करती रहती है कि ऐसा कौन व्यक्ति है, जिसके गले में जयमाला पहना दी जाए?...? ऐसा व्यक्ति ब्राह्मण होना चाहिए।गायत्री मंत्र शक्ति का पुंज है, जिसकी प्रशंसा करते हुए वेद थकते नहीं...
- ऐसे ही रोता रहेगा क्या?...? ऐसे ही कर्म को, ऐसे ही तकदीर को पकड़े बैठा रहेगा? नहीं, जो तेरे साथ में फल और कर्तव्य बँधे हैं, उनका...
- ऐसे ही व्याख्यान करता फिरता तब?...? हरे पेड़ लगाइये, हरियाली उगाइये। हरे पेड़ लगाइये, हरियाली उगाइये तब? तब कोई लगाता क्या? सरकार कितना ...
- ऐसे ही शक्तिपात कहीं शरीरों में होते हैं?...? बेटे ! शक्तिपात शरीरों में नहीं होते। शक्तिपात उसे कहते हैं, जिसे करने का मैं इच्छुक था और जो मेरी इ...
- ऐसे हो सकता था?...? न, हो नहीं सकता था। ये कैसे हो गया? ये कायाकल्प हो गया शिवाजी का। वो शिवाजी जो माता के पेट में से पै...
- ऐसे होता है?...? हाँ भाई साहब! यही बात है। वाल्मीकि राम का नाम लेने से ऋषि हो गए थे। आप भी ऋषि होना चाहते हैं? साहब! ...
- ऐसे-वैसे कहने से क्या काम चलेगा?...? हमको जो कुछ भी बालकों को बनाना है, घर का वातावरण ठीक वैसा ही बनाया जाना चाहिए। इसके लिए अपने आपको ढा...
- ऑटोग्राफ से क्या करेंगे?...? क्या करेंगे? हमारा मन तो ऐसा कहता है कि हमारे पास रहती। हम नौकरी कर लेते। कितना कमा लेता है? ढाई सौ ...
- ऑपरेशन करने की विधि क्या है?...? बड़ा वाला डॉक्टर-प्रोफेसर एक मिनट में सिखा देता है। वह कहता है—आओ बच्चो! देखो ऑपरेशन किया जा रहा है। ...
- ऑपरेशन की विधियाँ एक मिनट की हैं, पर शरीर में कैसा ऑपरेशन किया जाएगा और उसकी क्या प्रतिक्रिया होगी?...? कब करना चाहिए और कब नहीं करना चाहिए? यह सब जानने के लिए, पाँच साल लगाने पड़ते हैं। ऑपरेशन करने की विध...
- ओमप्रकाश जी, मन ही मन सोच रहे थे कि पूज्यवर हमारी गाड़ी में चलते तो कितना अच्छा होता?...? किन्तु संकोचवश कह नहीं पा रहे थे। साथ ही, व्यवस्था में हस्तक्षेप भी नहीं करना चाहते थे। इतना सुनते ह...
- ओवरटाइम लाइए और ज्यादा काम हम क्यों करेंगे?...? नहीं, फिर आप काम किए बिना रह नहीं सकेंगे।हमारा भी यही हुआ। श्रद्धा जब उत्पन्न हुई तो हमने यह सोचा कि...
- औंधे-सीधे लोगों का, भानुमती का कुनबा इक_ा करके कोई संगठन बना लिया जाए तो ठहरता कहाँ है?...? जिन लोगों की दृष्टि में विचारों का कोई मूल्य या महत्त्व नहीं, वे किसी कार्य में देर तक कब ठहरने वाले...
- औचित्य को संरक्षण कहाँ मिलेगा?...? यदि रिश्वत और चापलूसी भगवान को भी वशवर्ती कर सकती है; न्याय की, पात्रता की उपेक्षा करके यदि व्यक्तिग...
- और जिस मिशन को ले करके हम चले हैं, उसका उद्देश्य क्या है?...? जहाँ आपको एक ही घण्टा बोलने के लिए मिलेगा, वहाँ आप किस तरीके से कहेंगे? अगर आप वहाँ संक्षेप में एक...
- और फिर उसका क्या करते?...? सिनेमा, बढ़िया पैंट पहनते और बीबी के लिए सोने का जेवर बनवाते। हम और आप जाहिल और दुष्ट हो सकते हैं, ...
- और अकल की फिक्र है आपको?...? हाँ साहब! अकल की फिक्र है हमें। हमारी अकल बहुत अच्छी है।
अध्यात्म से बौद्धिक कुशलता की प्राप्ति...
- और अगर आप उसे जगा सकते हों, तब?...? तब आप अणु भट्टियाँ बना सकते हैं और उससे दुनिया को तबाह कर सकते हैं और जो भी करना चाहें, कर सकते हैं।...
- और अगर काना हो गया, अन्धा हो गया, तब?...? तब फिर आपका मनोरथ कैसे पूर्ण होगा? मैं तो बत्तीस साल का हूँ। बत्तीस साल का जब वह हो जाएगा, तब आपको इ...
- और अगर फाड़ सकते हों, तब?...? तब आप नागासाकी और हिरोशिमा की तरीके से विस्मार करने वाले बम बना सकते हैं। और अगर आप उसे जगा सकते हों...
- और अगर सिद्धियों की बात करूँ तब?...? तब मुझे आज की बनिस्बत सिद्धियों की सही व्याख्या करनी पड़ेगी। आज तो आप सिद्धियों का अर्थ बाजीगरी लगाते...
- और अच्छी चीजें आप ही खाएँगे?...? और बीबी को? बीबी को भी नहीं देंगे। और माँ को? माँ को भी नहीं देंगे। हम कमाते हैं तो हम ही खाएँगे। भा...
- और अध्यात्म विज्ञान का?...? अध्यात्म विज्ञान का अहसान इससे लाखों गुना बड़ा था। उसने हमारे बहिरंग जीवन के लिए सुविधाएँ दीं और आध...
- और अन्यों को?...? उच्चारण कहते हैं, प्रोनाउन्सिएशन कहते हैं। यह हम और आप बोलते हैं। लोग तरह-तरह की बोलियाँ बोलते हैं। ...
- और अन्यों को?...? उच्चारण कहते हैं, प्रोनन्सिएशन कहते हैं। यह हम और आप बोलते हैं। लोग तरह-तरह की बोलियाँ बोलते हैं। इस...
- और अपनी जिन्दगी को यथावत घिनौना बनाये रखा होता, तो फिर आदमी को सन्त क्यों बनना पड़ता?...? फिर आदमी को संयमी क्यों बनना पड़ता? फिर आदमी को सदाचारी क्यों बनना पड़ता? फिर आदमी को तपस्वी क्यों ब...
- और अब क्या हो गया?...? अब बेटे! संस्कृति की सीता रावण के मुँह में चली गई, जहाँ बेचारी की जान निकल जाने की जोखिम है और जहाँ ...
- और अब क्या हो गया?...? अब बेटे! संस्कृति की सीता रावण के मुँह में चली गई, जहाँ बेचारी की जान निकल जाने की जोखिम है और जहाँ ...
- और अमीर कौन है?...? अमीर वह है जो यह मानता है कि उसकी सारी वस्तुएँ, सारी दौलत सबकी है और सबकी दौलत हमारी है और सब हमारे ...
- और आखिर क्यों जी रहे हैं?...? इस तथ्य पर आत्मवेत्ता महामनीषियों ने अपने गम्भीर चिन्तन से जो निष्कर्ष निकाले हैं वे बहुत ही महत्त्व...
- और आगे क्या बताएँगे-मंत्र?...? मंत्र तो कभी भी बता देंगे। मंत्रों में क्या देर लगती है, यह तो सेकेंड का काम है। जब आप कहेंगे, चलते-...
- और आगे क्या बताएँगे—मंत्र?...? मंत्र तो कभी भी बता देंगे। मंत्रों में क्या देर लगती है। यह तो सेकण्ड का काम है। जब आप कहेंगे, चलते-...
- और आज हमको करना क्या चाहिए?...? इसके लिए आदमी को उठा करके, झकझोर करके, चैतन्य करके तैयार कर दें। प्रज्ञा प्रशिक्षण विद्यालय के बारे ...
- और आज हमें क्या करना चाहिए?...? आज की परिस्थिति में हमारे लिए क्या मुनासिब है और क्या करना चाहिए? यह सारी की सारी कर्मयोग की निशानिय...
- और आदमी का दिमाग खराब हो जाए तब?...? एक से एक बढ़िया परामर्श देने वाले, एक-से सहायता देने वाले क्या सहायता कर सकते हैं? कोई सहायता नहीं कर...
- और आदमी कितने थे?...? वो थे चार। चोर ने कहा—चलो इन चारों को पकड़ेंगे; चारों की अकल ठीक करेंगे। उन्होंने कहा चारों से—चारों...
- और आध्यात्मिक शक्तियाँ क्या हैं?...? आध्यात्मिक शक्ति उसे कहते हैं जिसमें भाव सम्वेदनाएँ मिली हुई हैं। विचारणाओं, भाव- सम्वेदनाओं में क्य...
- और आप कहते रहते हैं कि अरे बुढ़िया तू तो मरने वाली?...? तेरा तो यही बद्रीनाथ है तू कहीं मत जा यहीं पड़ी रह। यह बुढ़िया जो है हमारी जीवात्मा है और यह ऐसी ही ...
- और आप कहते रहते हैं कि अरे बुढि़या तू तो मरने वाली है?...? तेरा तो यही बद्रीनाथ है तू कहीं मत जा यहीं पड़ी रह। यह बुढि़या जो है हमारी जीवात्मा है और यह ऐसी ही ...
- और आप कौन हैं?...? मछली हैं। कौन सी मछली? जो समुद्र में चलती है और छरछराती हुई अपना रास्ता बना लेती है। आप अपना रास्ता ...
- और आप क्या चाहते हैं?...? भगवान में ध्यान लगा दीजिए। बेटे! कैसे लगा दें भगवान जी में ध्यान! पहले ध्यान के लायक मसाला तो ला। इस...
- और आप जानते हैं, उसने क्या किया?...? (क्रमशः)
(समापन किश्त अगले अंक में)
परिष्कृत अध्यात्म हमारे जीवन में उतरे — ४
परमपू...
- और आप बनिये हैं?...? आप बनिये हैं तो इसका क्या मतलब हुआ? इसका मतलब है—छोटे। खबरदार! आइन्दा यह बात कही। आप ब्राह्मण हैं, त...
- और आप भजन कैसे कर लेंगे, फिर आप अच्छी जिन्दगी कैसे जी लेंगे?...? फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे? जब हर आदमी हैरान होगा तब आपको गुस्सा क्यों नहीं आयेगा? इसलि...
- और आप शक्कर नहीं खाएँगे तो (क्या) क्या बात बन जाएगी?...? और आपने घी खाना बन्द कर दिया है तो (कौन) कौन (जब तक) ऐसी बड़ी बात हो गई है, जिसकी वजह से आपको काम में ...
- और आप सारे-के-सारे लोग हमको पकड़ लें, तो क्या हो जाएगा बताइए?...? आप सबमें करेंट फैल जाएगा कि नहीं फैल जाएगा। फिर हम सब मरेंगे। क्यों? क्योंकि करेंट एक से दूसरे में च...
- और आपका पिता कमाता तो नहीं है?...? नहीं साहब! पिताजी बूढ़े हो गए हैं, अब क्या कमाने लगे? तो आप उनकी सहायता कीजिए। और आपकी माताजी? नहीं ...
- और आपका बेटा?...? हमारे बेटे की भी चिट्ठी आ गई है। पच्चीस पैसे वाला कार्ड उसने भेजा है। और देखिए साहब! हमारे बेटे ने च...
- और आपकी जिम्मेदारियाँ क्या हैं?...? उनको हम छुड़ाना नहीं चाहते और आपको मजबूर करना नहीं चाहते। हम यह चाहते हैं कि आप यहाँ से वैरागी होकर...
- और आपकी आँखें?...? हाँ, आँखें भी सही थीं। फिर पढ़ने में क्या हर्ज था? पढ़ने में कोई हर्ज नहीं था। विनोबा भावे के बाप जिंद...
- और आपकी पत्नी?...? नहीं साहब! वह तो नहीं करती। आपके बच्चे? नहीं साहब वे तो सुनने को बिलकुल भी तैयार नहीं हैं। आपका भाई?...
- और आपकी पत्नी?...? नहीं साहब! वह तो नहीं करती। आपके बच्चे? नहीं साहब वे तो सुनने को बिलकुल भी तैयार नहीं हैं। आपका भाई?...
- और आपकी माताजी?...? नहीं साहब! वह क्या कमाएँगी, बूढ़ी हो गई हैं। बूढ़ी हो गई हैं, तो उनकी भी सहायता कीजिए। समर्थ आदमी को...
- और आपकी वकत क्या है?...? आपकी औकात क्या है? स्थूलशरीर का वजन और वकत जो ली जाती है, वह उसके कर्मों के आधार पर ली जा सकती है। उ...
- और आपकी वकत क्या है?...? आपकी औकात क्या है? स्थूल शरीर का वजन और वकत जो ली जाती है, वह उसके कर्मों के आधार पर ली जा सकती है। ...
- और आपके कमरे में जो तस्वीरें हैं, कैलेण्डरों में गन्दी लड़कियों के चित्र टँगे हुए हैं, ये क्या है?...? कौन है आस्तिक, कौन है ईश्वरविश्वासी?
मित्रो! हम अपनी आँखों का तेजस् खो बैठे हैं। यदि वह तेजस् हम ...
- और आपके पास दान देने के लिए है क्या?...? इसलिए मित्रो! दान देने के लिए, उदार बनने के लिए और सेवा करने के लिए तो आपके पास सामान चाहिए न? कुछ...
- और आपको क्या जरूरत पड़ गयी जो इतनी सारी स्त्रियाँ रखकर के इतनी सारी औलाद पैदा की?...? अपने मिशन वाला कोई जाता है लोगों के पास कि बच्चे कम पैदा करने चाहिए, तो वो कहते हैं—श्रीकृष्ण भगवान ...
- और आपने आपके साथ में किसी ने कोई बुराई कर ली या किसी ने दुख भुगत लिये बार-बार (करने की) कहने की जरूरत क्या है?...? भूत सो भूत, गया सो गया। आप भूत पर मत विचार कीजिए, भूत से आप अनुभव तो इकट्ठा कर सकते हैं लेकिन चिन्ता...
- और आपने घी खाना बन्द कर दिया है तो (कौन) कौन (जब तक) ऐसी बड़ी बात हो गई है, जिसकी वजह से आपको काम में सफलता मिलेगी?...? इन चीज़ों में तो नहीं है दम, लेकिन दम उस बात में है, कि आपने इतना कठोर निश्चय कर लिया है, और आपने एक ...
- और आपने देखे हैं?...? हाँ महाराज जी ! सपने में देखे हैं। सपने की कोई कीमत नहीं होती, सपने तो ख्वाब होते हैं। मित्रो ! शंकर...
- और आपने यज्ञ पर व्याख्यान देना शुरू कर दिया तो?...? तो आपको लोग यह समझेंगे कि ये हवन के और यज्ञ के प्रचारक हैं।...
- और इन्सान का एक-दूसरे इन्सान के तईं जो व्यवहार है उसको आप नहीं देखा नहीं है?...? पढ़ा नहीं है? आप सब जानते हैं। क्या इसका कोई विरोधी नहीं होना चाहिए? कोई इसकी देखभाल नहीं होनी चाहिए?...
- और इस तरह सादाजीवन उच्चविचार के तरीके से अपना जीवन व्यतीत करता रहा, तो क्या?...? लेकिन भगवान का प्यार तो हुआ और भगवान के प्यारे आदमी अभावग्रस्त नहीं रहते—यह बात और याद रखना। रावण अभ...
- और ईश्वर का भजन क्या हो सकता है?...? आत्म चिन्तन? आत्म चिन्तन और आत्मशोधन और आत्म-निर्माण और आत्म विकास के लिए आदमी एकान्त में बैठता है। ...
- और ईश्वर का विश्वासी?...? ईश्वर का विश्वासी वह है जिसको इस बात की जानकारी है कि भगवान हजार आँख वाला है। कोई ऐसी जगह बची हुई ...
- और उदाहरण बताइए?...? बेटे मैं और बता सकता हूँ, जिनका कि काया-कल्प हो गया। काया-कल्प किनका हो गया? विवेकानन्द छोटी-सी नौकर...
- और उदाहरण सुनेंगे आप?...? इटावा जिले का एक अँग्रेज इंस्पेक्टर जिसका नाम था ह्यूम। उसने गाँव-गाँव जाकर आदमी एकत्र किए। हिन्दुस्...
- और उन अनुदानों की, जो जाने और अनजाने हमको प्राप्त होते रहे हैं और हो रहे हैं, उनकी कीमत चुकाइए?...? नहीं बेटे, हजार जन्म में भी नहीं चुकाई जा सकती। हाँ, कुछ करने के लिए साहस किया जा सकता है। जो अनुदान...
- और उनका मनुष्य के साथ आदान-प्रदान चल पड़ने पर किस पक्ष का क्या हित-अहित हो सकता है?...? यह विषय भी शोध प्रयोजन में सम्मिलित रखा गया है। तथ्यों का पता लगाने में वैज्ञानिक परीक्षण के साथ तर्...
- और उनमें भिन्न वस्तुएँ कौन-सी हैं?...? इस विश्लेषण को तुम मन के द्वारा कर सकते हो और उसे इसके लिए मजबूर कर सकते हो कि इन प्रश्नों का सही उत...
- और उन्होंने माला घुमाना सीखा होता और तरह-तरह के मंत्र-तंत्र और यंत्र—ये बनाये होते और अपनी जिन्दगी को अच्छा न किया होता, तो आपका ख्याल है, उनका उद्धार हो गया होता?...? अंगुलिमाल था। जब तक डाकू था, तब तक डाकू था और जब भगवान बुद्ध की शरण में आया, तब उसने डाका डालना बन्द...
- और उपयोग किसे कहते हैं?...? उपयोग में हम यह नहीं देखते कि इसकी जरूरत किसके लिए है या जिसके लिए जरूरी है, उसको देंगे। नहीं साहब! ...
- और उस आम्रपाली को किसने मार डाला?...? भगवान् बुद्ध ने जान से मार डाला और नई आम्रपाली को जन्म दिया। पूतना जो थी, उसको भगवान् श्रीकृष्ण ने म...
- और उस रास्ता तलाश करने में एक रास्ता ये भी है आपने जो गल्तियाँ की हैं उनका प्रायश्चित कैसे होगा?...? भरपाई कैसे होगी? आप उसके लिए उदार सहयोग क्या करेंगे? आप उसके लिए जनसेवा के लिए क्या कदम उठाएँगे? इसक...
- और उसका उद्देश्य क्या है?...? चलिये मैं एक देवता जिनको मैं सबसे ज्यादा प्यार करता हूँ। क्यों करता हूँ? उनके पीछे वो विचार जुड़ा हुआ...
- और उसका समाधान कहाँ ढूँढ़ा जाए?...? इस सन्दर्भ में मोटे तौर
से एक ही बात कही जा सकती है कि प्रत्यक्षवाद की पृष्ठभूमि पर जन्मे भौतिकवा...
- और उसका समाधान कहाँ ढूँढ़ा जाए?...? इस सन्दर्भ में मोटे तौर से एक ही बात कही जा सकती है कि प्रत्यक्षवाद की पृष्ठभूमि पर जन्मे भौतिकवाद न...
- और उसका समाधान खोजने का क्या मतलब?...? पर जब मानवी गरिमा की गहराई तक उतरने की स्थिति बन पड़े तो फिर माता जैसा वात्सल्य
हर आत्मा में उभर ...
- और उसका समाधान खोजने का क्या मतलब?...? पर जब मानवी गरिमा की गहराई तक उतरने की स्थिति बन पड़े तो फिर माता जैसा वात्सल्य हर आत्मा में उभर सकत...
- और उसकी शर्त की कीमत क्या है?...? भगवान को कीमत देकर पाया नहीं जा सकता और न किसी ने पाया आज तक। भगवान को जिस किसी ने भी पाया है, उसने ...
- और उसमें क्या बात थी?...? वह भी खाना पकाती थी और हमारी औरत भी खाना पकाती है। बेटे! मुख्य बात—असल बात यह है कि तेरी औरत किस भाव...
- और उसमें क्या बात थी?...? वह भी खाना पकाती थी और हमारी औरत भी खाना पकाती है। बेटे! मुख्य बात, असल बात यह है कि तेरी औरत किस भा...
- और एक महत्त्वपूर्ण हमारी जिन्दगी का ये है कि हम शानदार मौत कैसे मरें?...? हमारी शानदार मौत कैसे होनी चाहिए? और हमारी शानदार जिन्दगी कैसी होनी चाहिए? जिन्दगी खुशहाल कैसे हो और...
- और ऐसी जिन्दगी कौन पसन्द करेगा?...? जो बीमारियों से घिरी हुई हो। बीमारियों से घिरा हुआ होना, और कमजोरी से घिरा हुआ होना, ये प्रकृति के व...
- और औरत क्या होती है?...? अरे साहब! धर्मपत्नी को कहते हैं, जिसके साथ शादी होती है। शादी किसे कहते हैं? मौसम को शादी कहते हैं। ...
- और औरत क्या होती है?...? अरे साहब! धर्मपत्नी को कहते हैं, जिसके साथ शादी होती है। शादी किसे कहते हैं? मौसम को शादी कहते हैं। ...
- और कटौती में जो समय श्रम बचता है, उसे उच्चस्तरीय महत्त्वाकांक्षाओं की पूर्ति के लिए पुण्य परमार्थ में क्यों न लगाया जाय?...? स्मरण रहे, औसत निर्वाह से अतिरिक्त सम्पदा संचय अगणित विग्रहों को जन्म देता है। दुर्गुण दुर्व्यसन उन्...
- और कब-कब जन्म लिया और यह शक्ल जो मुझे गुरुदेव के रूप में दिखायी पड़ती है, कब-कब मेरे साथ नृत्य करती रही?...? बस, इतनी घटना घटित हुई और मेरे जीवन का कायाकल्प हो गया। मैंने उनके चरणों पर मस्तक झुकाया और कहा—‘‘आप...
- और कभी मिलेगा ऐसा अवसर?...? कभी नहीं मिल सकेगा। एक समय था, जब भगवान ने ग्वाल-बालों को दावत दी थी। क्या कहा था? आप हमारे निजी काम...
- और कर्म पक्ष?...? कर्म पक्ष उसे कहते हैं जिसमें सेवा का समावेश होता है, परोपकार का समावेश होता है, पुण्य कर्मों का समा...
- और कहा कि देखें अब यहाँ मनुष्य कहाँ से आ जायेंगे?...? द्वारिका के पास बेट द्वारिका नाम की एक जगह है, बस भगवान् वहाँ जा पहुँचे। वह चारों ओर से समुद्र से ...
- और कहाँ से मिले?...? सखा, मित्र के बिना, साथी-सखा के बिना सूना जीवन एकाकी प्रेत और पिशाच की तरह से मरघट में बैठा रहता ह...
- और कहीं करा ले तो?...? नहीं महाराज जी, देवी नाराज हो जाती है। क्या कहती है तेरी देवी? यों कहती हैं कि मैं बाल खाऊँगी, तू बा...
- और कान क्या करते हैं?...? कान जो हैं आवाज सुनते हैं। इस आवाज में संस्कृत के श्लोकों का उच्चारण हुआ है कि नहीं हुआ? सही श्लोक...
- और किस दिशा में कदम बढ़ाना चाहिए?...? देवपूजन प्रत्येक आध्यात्मिक उपासना का दूसरा वाला चरण है। हमने बहुत पहले आपको यह सिखा रखा था कि गायत्...
- और किस प्रकार हृदयंगम कर सकता है?...? उसके लिये तो ज्ञान से भरी पुस्तक भी रद्दी कागज से अधिक कोई मूल्य न रखेगी।...
- और किस-किस ने किया था?...? जहाँ तक मैंने जिन-जिन लोगों के नाम सुने हैं, उनमें से प्रत्येक आदमी ऐसा ही था। फिर होना चाहिए कायाकल...
- और किसका मंत्र कहते हैं?...? बेटियों के बाद बेटा पैदा करने वाला मंत्र कहते हैं। घर के अन्दर जमीन में जो रुपया दबा पड़ा है, उसका पत...
- और किसकी बात को समझते हैं?...? लोहे की। देखना, पहले कच्चा लोहा मिट्टी मिला हुआ निकलता है। इसको पहले गरम करना पड़ता है और मिट्टी को ...
- और किसके लिए करते हैं?...? हमारे बेटियाँ न हों, बेटा हो जाए। बेटे! बेटियाँ तो बहुत अच्छी होती हैं। बेटा होने से क्या फायदा है? ...
- और किसके लिए करते?...? हमारे बेटियाँ न हो, बेटा हो जाए। बेटे-बेटियाँ तो बहुत अच्छी होती है। बेटा होने से यया कायदा है? नहीं...
- और किसके हैं?...? और बेटे शंकर जी के पाँच मुँह होते हैं। शंकर जी का एक नाम पंचानन भी है। उनके पाँच मुँह होते हैं। गा...
- और किसको प्यार करते हैं?...? जब हम मकान को प्यार करते हैं, तो वह हमको प्राणों से प्यारा लगता है। अपने सम्मान, ऐश्वर्य और यश को ...
- और किसने-किसने किया था?...? जहाँ तक मैंने जिन-जिन लोगों के नाम सुने हैं, उनमें से प्रत्येक आदमी ऐसा ही था।
फिर होना चाह...
- और किसलिए जाएगा?...? इनसे अच्छे तो वे हैं जो कोढ़ी हैं, अपाहिज हैं, लँगड़े हैं और अपंग हैं। लोग उन्हें खिलाते हैं। वस्तुतः ...
- और किसलिए जाएगा?...? उनसे अच्छे तो वे हैं जा कोढ़ी हैं, अपाहिज हैं, लँगड़े हैं, अपंग हैं। लोग उन्हें खिलाते हैं। वस्तुतः वे...
- और किसी का कल्याण हुआ?...? किसी का कल्याण नहीं हुआ। किसी का कल्याण हो सकेगा? कभी किसी का कल्याण नहीं हो सकेगा। क्यों? जो आदमी अ...
- और किसी को देगा कि नहीं देगा?...? किसी को नहीं दूँगा। तो फिर एक काम कर, बेटे से ले। क्या करना पड़ेगा? बेटे की बाबत मैं बहुत कड़वी बा...
- और कुछ कमी है?...? हाँ, थोड़ी कमी और रह गई है इसमें। बीच का झाबड़-झोल नहीं है। (बीच में जो रस्सी बुनी जाती है, उसे देहा...
- और कुछ कमी है?...? हाँ, थोड़ी कमी और रह गई है इसमें। बीच का झाबड़-झोल नहीं है। (बीच में जो रस्सी बुनी जाती है, उसे देहा...
- और कुछ कहना, और क्या कहें आपसे?...? आप कुछ करते तो हैं नहीं, करने का वक्त आता है तो आप दाँया-बाँया देखना शुरू कर देते हैं। कभी उत्साह आ ...
- और कुछ काम करते हो?...? नहीं साहब! कुछ काम नहीं, आप देख लीजिए हमारी पोस्ट। लेक्चर झाड़ना, रोटी कमाना। कॉलेज और स्कूल कितने ह...
- और कुछ काम करते हो?...? नहीं साहब! कुछ काम नहीं, आप देख लीजिए हमारी पोस्ट। लेक्चर झाड़ना, रोटी कमाना। कालेज और स्कूल कितने है...
- और कुछ दिया?...? नहीं भाई साहब! और कुछ नहीं दिया।
नहीं साहब! जब वे विलायत गए होंगे, तो उनको पानी के जहाज के टिकट ...
- और कुछ नहीं माँग सकती?...? ’’ मैं चुप हो गई, वह भी बैठ गया। मैं एक वर्ष पहले विधवा हो गई थी। मैंने उसे अपनी व्यथा सुनाई। इतने म...
- और कुछ माँगेंगे तो आप बच्चों से माँगेंगे क्या?...? बच्चों को तो गुब्बारे दिए जाते हैं, पैसे दिए जाते हैं, मिठाई दी जाती है, चाकलेट दी जाती है और चीज दी...
- और कैसा है?...? कैसा देखा है आपने? भगवान को हमने प्रतिच्छाया के रूप में और प्रतिध्वनि के रूप में देखा है। शीशे में आ...
- और कैसी मन:स्थिति होती है?...? बेटे! हम अपनी मन:स्थिति को इस तरह बनाने की कोशिश करते हैं कि हमारी कामनाएँ खत्म हो जाएँ और हमारी काम...
- और कैसे इन्द्रियों का निग्रह करेंगे?...? सेवा के लिए हम मन कहाँ से लायेंगे और ऐसे कैसे करेंगे? यह हमसे नहीं हो सकता और हम नहीं करेंगे। भगवा...
- और कैसे करेंगे?...? क्यों करेंगे? क्रिया के साथ-साथ में चिन्तन को आप जोड़ दीजिए। चिन्तन और क्रिया को, दोनों को जोड़ देते ह...
- और कैसे करेंगे?...? क्यों करेंगे? क्रिया के साथ-साथ में चिन्तन को आप जोड़ दीजिए। चिन्तन और क्रिया को, दोनों को जोड़ देते ह...
- और कोई चोर-उचक्का पैदा हो गया तब?...? तब आप मेरे जैसा बच्चा कहाँ से लायेंगी? इसलिए आज से मैं आपका बेटा हूँ। बस, यह उसकी दृष्टि थी। उस तप स...
- और कोई ताकत है?...? और कोई ताकत नहीं है। बस, इससे लोगों को जानकारी मिल जाती है कि चार हजार जप कर लिया या तीन हजार जप किय...
- और कोई ताकत है?...? और कोई ताकत नहीं है। बस, इससे लोगों को जानकारी मिल जाती है कि चार हजार जप कर लिया या तीन हजार जप किय...
- और कोई नहीं पैदा हुए थे क्या?...? हुए होंगे; लेकिन वह श्रद्धा उन व्यक्तियों में नहीं होगी, जो राम और लक्ष्मण में थी।
उनमें जो पात्र...
- और कोई नहीं है, एक हमारा भगवान और एक हमारा ईमान और कोई?...? और कोई नहीं है हमारे साथ दो ही है एक हमारी आत्मा और एक हमारी जुर्रत और एक हमारी हिम्मत। इनको लेकर के...
- और कोई फायदा हुआ?...? और कोई फायदा नहीं हुआ।
सोने का नेवला
मित्रो! हवन का, कर्मकाण्ड का जो मूल लाभ है, वह ...
- और कोई फायदा हुआ?...? और कोई फायदा नहीं हुआ। सोने का नेवला मित्रो! हवन का, कर्मकाण्ड का जो मूल लाभ है, वह उसके चिन्तन का ला...
- और कोई शिक्षा मानता है वह?...? नहीं, और कोई चीज उसकी समझ में नहीं आती।फिर क्या करना पड़ेगा? मित्रो! आध्यात्मिकता में दोनों ही नीतियो...
- और कौन हैं?...? इसमें लॉ के पोस्ट ग्रेजुएट हैं, एम०एस०सी० हैं, पी०एच०डी० हैं और कितने ही लोग सम्मिलित हैं। ये शो...
- और कौन आये थे?...? बेटे, न जाने कितने थे, जो ग्वालबालों के रूप में आ गये थे। गोपियों के रूप में आ गये थे। जाने कितने आद...
- और कौन गहरे गोते लगाकर मोतियों की तलाश करें?...? इन प्रश्नों का उत्तर वानप्रस्थ परम्परा के पुनर्जागरण पर ही पूर्णतया अवलम्बित है। भारत न तो अमेरिका ह...
- और कौन सी समता आयेगी?...? बेटे, एक और समता आयेगी। पैसे के हिसाब से विभाजन होगा। तो क्या आपका इशारा साम्यवाद की ओर है? हाँ बेटे...
- और कौन-कौन आते हैं?...? बेटे! महात्मा गाँधी आते हैं, रवींद्रनाथ टैगोर आते हैं। दुनिया के सारे श्रेष्ठ व्यक्ति—सुकरात से लेकर...
- और कौन-कौन के साथ में आए थे?...? बेटे! सबके साथ में देवता आए थे। भगवान के साथ-साथ में देवता हमेशा आते रहे हैं।
देवता आपके अं...
- और कौन-कौन के साथ में आए थे?...? बेटे! सबके साथ में देवता आए थे। भगवान के साथ-साथ में देवता हमेशा आते रहे हैं। देवता आपके अन्दर भी है ...
- और कौन-कौन नहीं मरा?...? बेटा, मेरे ख्याल से भगीरथ भी नहीं मरे। भगीरथ कौन से थे? भगीरथ तप करने के लिए चले गए और गंगा जी को ले...
- और क्या है?...? साहब कुछ भी नहीं है, फिर भी हमको बड़ी प्यारी लगती है। बेटे, उसमें तुझे क्या चीज प्यारी लगती है, बता...
- और क्या आएगा?...? अर्थशास्त्र आएगा। अर्थशास्त्र क्या कहेगा? अर्थशास्त्र यह कहेगा कि बुड्ढे बाप को कसाईखाने भेजना चाहिए...
- और क्या कर दिया था?...? उन्होंने शबरी के भक्ति की कथा भी बताई और रामगीता भी बताई थी। और यह भी किया था- ऋषियों के आश्रमों म...
- और क्या कर सकता हूँ?...? तो समझना चाहिए कि उसे क्षुद्र से महान्, नर से नारायण, पुरुष से पुरुषोत्तम बनने से कोई नहीं रोक सकता।...
- और क्या कर सकते हैं?...? पैर दाब सकते हैं, हाथ-पाँव से यही सेवा कर सकते हैं, लेकिन हम अपने ज्ञान के द्वारा आपका कायाकल्प कर स...
- और क्या करता है?...? तो पता चलेगा कि वह शरीर के बारे में सोचता है, उसी के सम्बन्ध में सम्भाषण करता है और जो कुछ करता है, ...
- और क्या करते हैं?...? साहब! गंगाजल में स्नान करते हैं, गंगाजल पीते हैं और मछली पकड़ते हैं। हम तो गंगाजी में जिन्दा हैं। अच्...
- और क्या करते हैं?...? साहब! गंगाजल में स्नान करते हैं, गंगाजल पीते हैं और मछली पकड़ते हैं। हम तो गंगा जी पर जिन्दा हैं। अच्छ...
- और क्या करना चाहते हैं आप?...? और हम आध्यात्मिकता के मार्ग पर चलना चाहते हैं। खबरदार! बकवास बन्द कीजिए। किस बात की? इस बात की कि आप ...
- और क्या करना चाहते हैं?...? आपको हम देवता के रूप में, सन्त के रूप में, ऋषि के रूप में ढालना चाहते हैं, गढ़ना चाहते हैं। अभी जो न...
- और क्या करना चाहिए?...? आपको अपने शरीर को देना चाहिए। शरीर को क्या देना चाहिए? शरीर बेचारा मुसीबत में फँसा हुआ है, रोज-रोज ब...
- और क्या करना चाहिए?...? अगर यह ज्ञान मनुष्य के भीतर से जाग्रत हो जाए, तो आदमी के काम करने के ढंग और विचार करने के ढंग बहुत ह...
- और क्या करूँ?...? ? देख जहाँ जमीन पर पूजा करना हो, वहाँ पर झाड़ू लगा देना। नहीं महाराज जी! मैं क्या झाडू लगाऊँगा, ऐसे ह...
- और क्या करेंं?...? दूसरों को सम्मान देना सीखिये हरेक की इज्जत कीजिये, छोटे बच्चों की इज्जत कीजिये, धर्मपत्नी की इज्जत क...
- और क्या करेंगे?...? खान-पान का परहेज रखते हुए मरीज ठीक हो जाएगा। असली इलाज तो बेटे परहेज है। नहीं साहब! सुई है। सुई में ...
- और क्या करेंगे?...? अगले दिनों यज्ञ का शिक्षण करेंगे। लोक-शिक्षण के दो आधार हैं—पहला है विचारों का परिष्कार और दूसरा है ...
- और क्या करेंगे?...? साहब! हमने तो सौ ग्राहक बना दिए अखण्ड ज्योति के, तो और बना। हाथ-पैर का क्या काम होता है?
हाथ कहल...
- और क्या करेंगे?...? खान-पान का परहेज रखते हुए मरीज ठीक हो जाएगा। असली इलाज तो बेटे परहेज है। नहीं साहब! सुई है। सुई में ...
- और क्या करेगा?...? महाराज जी! पच्चीस पैसे का आपका एक रंगीन फोटो खिंचवाऊँगा। फिर क्या करेगा उसका? टाँगूँगा। कैसे टाँगेगा...
- और क्या करेगा?...? इसलिए मित्रो! मैं कहता हूँ कि आप संयम रखना सीखिये। इन्द्रियों पर संयम रखना सीखिये। कामेन्द्रियों प...
- और क्या कह सकते हैं हम?...? (क्रमशः)
एक फिजाँ, एक ही हवा; हो अब अवतार
इससे पूर्व इस महत्त्वपूर्ण उद्बोधन की ...
- और क्या कहता है?...? आँखों के सामने बुढ़िया खड़ी हुई थी और ये कह रही थी कि हमारी आँखों में मोतियाबिन्द हो गया है, अगर आप पा...
- और क्या काम करें?...? आप एक और काम कीजिए कि लोगों की कमियों को, बुराइयों को हटाने की बात सोचें। मित्रो! यह दुनिया बड़ी खरा...
- और क्या काम करें?...? आप एक और काम कीजिए कि लोगों की कमियों को, बुराइयों को हटाने की बात सोचें। मित्रो! यह दुनिया बड़ी खराब...
- और क्या किया बताइए, धर्म राज ने क्या किया, अर्जुन ने कौन सा बड़ा काम कर लिया, भीम ने क्या-क्या किया, नकुल-सहदेव किस काम में लगे रहे?...? सब सबने मिलजुल करके सिर्फ एक ही काम किया - भगवान का गोवर्धन उठाए हैं और भगवान के काम आएँ। ये कैसे उत...
- और क्या किया?...? उन्होंने हाथ की मुट्ठी में से लौंग निकाल दी। अच्छा यह तो बड़ा भारी चमत्कार है और पानी में चलना सिखा ...
- और क्या क्या चीज इसके अन्दर है?...? इसके अन्दर और बहुत सी छोटी-मोटी चीजें हैं; जैसे—फास्फोरस। इसमें इतना फास्फोरस है कि उससे तीन डिब्बी द...
- और क्या क्या है आपका?...? सूरज तेरा है, चाँद तेरा है, हिमालय तेरा है, जमीन तेरी है, आसमान तेरा है। हवा तेरी है आज से।बेटे! स्व...
- और क्या थे?...? बन्दर थे। अच्छा तो हनुमान बड़े शक्तिशाली थे। हाँ, इसमें कोई दो राय नहीं, वे बड़े शक्तिशाली थे। कब थे...
- और क्या देखेगा?...? नहीं महाराज जी! भगवान को देखूँगा। बेटे! भगवान को इन आँखों से नहीं देखा जा सकता है। बेटे! शरीर हमारा ...
- और क्या फायदा हो गया होगा?...? और बेटे! ठंढक में हवन कराया था या गरमी में कराया था? गुरुजी! ठंढक में कराया था। अच्छा तो एक फायदा यह...
- और क्या फायदा हो गया होगा?...? और बेटे! ठंडक में हवन कराया था या गरमी में कराया था? गुरुजी! ठंडक में कराया था। अच्छा तो एक फायदा यह...
- और क्या बताएँगे?...? बता तो रहे हैं। बेटे, प्रत्येक क्रिया के साथ में चिन्तन दिया हुआ है। ऋषियों ने जितने भी कर्मकाण्ड बना...
- और क्या बताएँगे?...? बता तो रहे हैं। बेटे, प्रत्येक क्रिया के साथ में चिन्तन दिया हुआ है। ऋषियों ने जितने भी कर्मकाण्ड बना...
- और क्या बताया था स्वामी जी ने?...? महाराज जी! यह बताया था कि वस्ति क्रिया करना। वस्ति क्रिया क्या होती है? टट्टी के रास्ते पानी पी जा...
- और क्या बनता है?...? न जाने क्या-क्या बनता है।मित्रो! क्या हुआ? उन्होंने त्याग और बलिदान के लिए, आदर्श उपस्थित करने के लि...
- और क्या रहता है?...? बेटे, हमारे चेहरे पर मुस्कराहट छाई रहती है।
मित्रो ! गाँधी जी के चेहरे पर सदैव मुस्कराहट रहती...
- और क्या रहता है?...? बेटे, हमारे चेहरे पर मुस्कराहट छाई रहती है।मित्रो! गाँधी जी के चेहरे पर सदैव मुस्कराहट रहती थी, वे ज...
- और क्या लाऊँ?...? पाँच पैसे की हनुमान चालीसा और धूपबत्ती ला। धूपबत्ती जला, हनुमान चालीसा पढ़, माला घुमा। साहब! अब क्य...
- और क्या लाया?...? मिट्टी के तीन घड़े लाया और उसमें सुराख कर दिया और शंकर जी के सिर पर लगा दिया। टप-टप करके शंकर जी के ...
- और क्या विशेषता है देवता की?...? बेटे! देवता मुक्त होते हैं। और उड़कर कहीं भी जा सकते हैं। आप तो एक घण्टे में तीन मील चल सकते हैं, लेक...
- और क्या सीखा?...? मित्रो! मनुष्य का जीवन, मनुष्य की जिन्दगी तीन बातों पर टिकी हुई है। एक—हम भोजन करते हैं। दूसरा—हम पान...
- और क्या हुआ?...? और गुरुजी! उसने दीवार में टक्कर मारी और धकेल वाले को उछाल दिया। एक दिन हमने खेत में लड़ते हुए साँड़ ...
- और क्या हुआ?...? और गुरुजी! उसने दीवार में टक्कर मारी और धकेल वाले को उछाल दिया। एक दिन हमने खेत में लड़ते हुए साँड़ दे...
- और क्या है हमारे पास?...? हमारे पास है—'कीर्तिं द्रविणं ब्रह्मवर्चसम्।' एक और चीज है। मैं चाहता हूँ कि वह आपके पास भी हो। उस च...
- और क्या है?...? भगवान न्यायकारी है। भगवान को क्या पसन्द है? उसके सारे के सारे कायदे- कानून एक बात पर टिके हुए हैं...
- और क्या है?...? और वहाँ दो सौ बैड कोढ़ियों के हैं। कोढ़ियों के अलावा और भी लोग रहते हैं। आँखों से अन्धों का विद्यालय भी...
- और क्या हो सकता है तप?...? तप का अर्थ है—मुसीबतें। मुसीबतें उठाने के लिए जब स्वेच्छा से हम तैयार हो जायेंगे, तो हमारा नाम तपस...
- और क्या हो जाएगा?...? संस्कृति चली गई और आदमी को मालदार बना गई, खुशहाल बना दिया। हाँ साहब! हमें भी मालदार बना दीजिए। हाँ, ...
- और क्या हो जाएगा?...? संस्कृति चली गई और आदमी को मालदार बना गई, खुशहाल बना दिया। हाँ साहब! हमें भी मालदार बना दीजिए। हाँ ह...
- और क्या हो रहा है?...? वातावरण के प्रदूषित होने की वजह से हर आदमी की अकल खराब हो गई है। आपने सुना होगा कि कभी दुश्मन देश प...
- और क्या हो सकता है?...? और बेटे! समुद्र को छलाँगा जा सकता है। आदमी की छलाँगने की ताकत दस फीट हो सकती है, बारह फीट हो सकती है...
- और क्या हो सकता है?...? और बेटे! समुद्र को छलाँगा जा सकता है। आदमी की छलाँगने की ताकत दस फीट हो सकती है, बारह फीट हो सकती है...
- और क्या होगा?...? बहुत कुछ हो जाएगा। फिर आपको अपने फर्ज से कोई रोक नहीं सकता। आप अपने मित्रों के प्रति कर्तव्य को निभा...
- और क्या होगा?...? और क्या कह सकते हैं हम?
(क्रमशः)
एक फिजाँ, एक ही हवा; हो अब अवतार
इससे ...
- और क्या होगा?...? बहुत कुछ हो जाएगा। फिर आपको अपने फर्ज से कोई रोक नहीं सकता। आप अपने मित्रों के प्रति कर्तव्य को निभा...
- और क्या होता है?...? मुर्गा जंगल में चिल्लाता है। मुल्ला मस्जिद में और पण्डित मन्दिर में चिल्लाता है। हर जगह खुशी के दिन दि...
- और क्या होने लगता है?...? बेटे, सन्त और ऋषि इस समय में भगवान् का अवतार करने के लिए प्रार्थना करने लगते हैं। और क्या होता है? म...
- और क्या- क्या बातें जाँचेंगे- परखेंगे?...? बेटे, सबसे पहले तो वे आपका व्यक्तित्व देखेंगे। सब बातों में आपका इम्तिहान लेंगे और हर बात में से आ...
- और क्या-क्या कहते हैं?...? जब मैं कानून के ऊपर और लॉजिक के ऊपर लिखना शुरू करता हूँ तो लोग कहते हैं कि ये आदमी कोई हाईकोर्ट का ज...
- और क्या-क्या कहते हैं?...? जब मैं कानून के ऊपर और लॉजिक के ऊपर लिखना शुरू करता हूँ तो लोग कहते हैं कि ये आदमी कोई हाईकोर्ट का ज...
- और क्या-क्या किया चाणक्य ने?...? बेटे ! चंद्रगुप्त के जमाने में वह नालंदा विश्वविद्यालय का डीन था। नालंदा विश्वविद्यालय में इकतीस हजा...
- और क्या-क्या किया?...? धूपबत्ती जलाई। कितने पैसे की जलाई? चवन्नी की जलाई और क्या-क्या खर्च किया? चावल खर्च किया। धूपबत्ती ख...
- और क्या-क्या चाहिए?...? पहाड़ से भी ऊँचा चाहिए। कुछ देने को भी है बेटा? नहीं माताजी। एक कौड़ी भी नहीं है। और लेने को? अहा ले...
- और क्या-क्या चीज इसके अन्दर है?...? इसके अन्दर और बहुत सी छोटी-मोटी चीजें हैं; जैसे-फास्फोरस। इसमें इतना फास्फोरस है कि उससे तीन डिब्बी द...
- और क्या-क्या दें?...? जो कुछ भी, हमको खुशामद की जरूरत है। आप हमारी निंदा करेंगे तो हम आपको गालियाँ सुनाएँगे। आपको हमसे कुछ...
- और क्या-क्या रहेगा?...? बेटे, इसमें ज्ञान रहेगा, विचार रहेगा, चेतना रहेगी, लोकहित रहेगा। नहीं साहब भगवान अकेले बैठेंगे। नहीं...
- और क्या-क्या रहेगा?...? बेटे, इसमें जान रहेगा, विचार रहेगा, चेतना रहेगी, लोकहित रहेगा। नहीं साहब भगवान अकेले बैठेंगे। नहीं ब...
- और क्या-क्या है आपका?...? सूरज तेरा है, चाँद तेरा है, हिमालय तेरा है, जमीन तेरी है, आसमान तेरा है। हवा तेरी है आज से।
ब...
- और क्यों अपनी मान्यता के गुण गायें?...? अगले दिनों साम्यवाद मात्र आर्थिक ही नहीं, भाषा, धर्म, संस्कृति देशों का भी विश्व स्तर पर एकीकरण ...
- और क्यों जाएँगे?...? हम तो दर्शन करने आए हैं। तो क्या आप यहाँ रहेंगे? हम तो रहेंगे। हम तो दर्शन करेंगे। हम नहीं जाएँगे। च...
- और क्यों जी रहे हैं?...? इस तथ्य पर आत्मवेत्ता ऋषियों ने गम्भीर चिन्तन एवं अनुसन्धान से जो निष्कर्ष निकाले थे, वे बहुत ही महत्...
- और क्यों पैसा खराब करना चाहिए?...? इनको किस काम के लिए पैसा खराब करना चाहिए? छह तारीख को आप नहाएँगे, तो बैकुंठ को जाएँगे। हर की पौड़...
- और क्यों होना चाहिए?...? संन्यासी को क्या करना चाहिए और वह क्या-क्या करता है? संन्यासी का स्वरूप साफ नहीं करेंगे तो आप देखना—...
- और खजाने पर हमला क्यों बोला गया होता?...? छोटी सी भूल के कारण राजा अपना खजाना खो बैठा और छोटी सी हमारी भूल के कारण राजा अपना खजाना खो बैठा औ...
- और खायेगा नहीं?...? नहीं, खायेंगे तो नहीं। खायेगा नहीं, तो तेरी टी.बी. अच्छी होने वाली नहीं है। अच्छे होने के लिए डॉक्टर...
- और खुराक क्या माँगता है?...? मैंने निवेदन किया न, व्यक्ति निर्माण, परिवार निर्माण और समाज निर्माण के लिये आपकी गतिविधियाँ चलनी चा...
- और खोपरे में?...? खोपरा चबाइए और दाँत तोडि़ए। खोपरे की कोई कीमत है? नहीं है। कर्मकाण्ड, जिसके बारे में लोगों ने यह ख्य...
- और खोपरे में?...? खोपरा चबाइए और दाँत तोड़िए। खोपरे की कोई कीमत है? नहीं है। कर्मकाण्ड जिसके बारे में लोगों ने यह ख्या...
- और गन्दा पानी कौन?...? वह आदमी, जो दुहाई तो भक्ति की देता है। भक्ति के कर्मकाण्ड करता है, जिसे मैं नखरे कहता हूँ। ऐसा आदमी ...
- और गणेश जी का?...? गणेश जी को ‘अक्षतं समर्पयामि’, गणेश जी को अक्षत चढ़ाता ही जा रहा है। समझता नहीं कि क्या चक्कर है? समझ...
- और गणेश जी का?...? गणेश जी को ‘अक्षतं समर्पयामि’, गणेश जी को अक्षत चढ़ाता ही जा रहा है। समझता नहीं कि क्या चक्कर है? समझ...
- और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है तो कौन सी खास बात है?...? आदमी में एक कानी-कौड़ी के बराबर भी कोई खास फरक नहीं आता है। मनुष्य का स्तर जब बढ़ता है तो उसके विचार...
- और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है तो कौन सी खास बात है?...? आदमी में एक कानी-कौड़ी के बराबर भी कोई खास फरक नहीं आता है। मनुष्य का स्तर जब बढ़ता है तो उसके विचार क...
- और गायत्री मंत्र से निकलने वाली भारतीय संस्कृति न जाने फैलते-फैलते कहाँ जा पहुँची है?...? इतना ज्यादा विस्तार हो गया है। धर्म-ग्रन्थों के रूप में, उपासनाओं के रूप में, ज्ञान और विज्ञान के रू...
- और गायत्री माता कितनी बड़ी होती हैं?...? गायत्री माता बेटे बीस साल की हैं। गुरुजी! बीस साल की गायत्री माता छोटे से हँस पर सवार हो जायेंगी, ...
- और घर का नरक?...? बेटे घर का नरक भी दूर नहीं हो सकता। अगले दिन और खराब होंगे गुरुजी! हमारे घर का नरक तो दूर हो जाएगा...
- और घी में हाथ क्यों मला जाता है?...? भस्म क्यों लगाई जाती है? ये सारे के सारे क्रियाकृत्यों का, कर्मकाण्डों का शिक्षण हम देने में समर्थ न...
- और घी में हाथ क्यों मला जाता है?...? भस्म क्यों लगाई जाती है? ये सारे के सारे क्रिया-कृत्यों का, कर्मकाण्डों का शिक्षण हम देने में समर्थ ...
- और चन्दन क्या है?...? चन्दन, फूल और दीपक—ये तीन चीजें अभी और बाकी रह जाती हैं। चन्दन का क्या अर्थ होता है और फूल का क्या अर्...
- और चावल कितना चावल लाए हैं?...? गणेश जी पर चढ़ा रहे थे—अक्षतान् समर्पयामि। दिखाइये चावल जरा। ये रहे छह दाने। छह दानों से क्या होगा? ग...
- और जंगली पेड़ और माली के बगीचे के लगाये हुए पेड़ उनको आपने देखा नहीं है क्या?...? कैसे बढ़िया-बढ़िया गुलाब के फूल आते हैं! रंग-बिरंगे (गुलाब) फूल आते हैं। कितने बड़े-बड़े फूल आते हैं ये ...
- और जब आपकी छाती में से दूध नहीं निकलता तो?...? तब बच्चा रोता है और हमको तब बड़ा कष्ट होता है और हम भगवान से प्रार्थना करते हैं कि हे भगवान! किसी तर...
- और जब आपकी छाती में से दूध नहीं निकलता तो?...? तब बच्चा रोता है और हमको तब बड़ा कष्ट होता है और हम भगवान से प्रार्थना करते हैं कि है भगवान ! किसी त...
- और जब कोठरी में चले जाते हैं, तब?...? तब हम देव हो जाते हैं। और फिर क्या होता है आपका? जब हम रामलीला में जाते हैं तो वहाँ लक्ष्मण भी बन जा...
- और जब कोठरी में चले जाते हैं, तब?...? हम देव हो जाते हैं। और फिर क्या होता है आपका? जब हम रामलीला में जाते हैं तो वहाँ लक्ष्मण भी बन जाते ...
- और जब फिर से भगवान जी से पूछा कि आपका क्या हाल है?...? तो उन्होंने कहा कि गुरुजी! आपसे भी बुरा हाल है। एक भगत कहता है कि मैं दो घण्टे आपकी पूजा करता हूँ औ...
- और जब हम ईंटों को पका डालते हैं, भट्टे में डालते हैं, गरम करते हैं, तब ईंटें ऐसी मजबूत हो जाती हैं कि उनका बरसात क्या बिगाड़ सकती है और धूप क्या बिगाड़ सकती है?...? सैकड़ों वर्षों तक वह वैसे ही खड़ी रहती है। जबकि कच्ची ईंटें बहकर खत्म हो जाती हैं। यह क्या कहलाती ...
- और जवानी किसे कहते हैं?...? बचपन उसे कहते हैं जिसमें आदमी भविष्य की कल्पना करता रहता है। सोचता रहता है कि मैं बड़ा हो जाऊँगा तो स...
- और जहर खा करके मर जाय, तो क्या?...? जल में डूब मरे, तो क्या? चलेगा? हाँ बेटे, यह रिवाज अच्छा हो तो चलना चाहिए, लेकिन साथ में एक और रिवाज...
- और जहाँ साँप, बिच्छू हैं, खटमल, मच्छर हैं, वहाँ क्या करना चाहिए?...? बेटा वहाँ दूसरा तरीका अपनाना चाहिए। उभय पक्षीय दृष्टि मित्रो! बिच्छू पर दया करेंगे, तो बच्चे जिन्द...
- और जिन लोगों को जिस चीज की जरूरत नहीं थी, उनको प्रसन्न करने के लिये उपहार रूप में लादते रहे क्या?...? क्यों? वजह क्या है? ये सब गलतियाँ हैं। इसी तरीके से अपने स्वास्थ्य के लिये जो खान-पान, आहार-विहार जै...
- और जीभ को?...? जीभ के लिए कोई ऐसा उपाय कर कि यह जीभ तो खराब है। इससे तो जप नहीं हो सकता, गायत्री माता अशुद्ध हो जाए...
- और जीभ को?...? जीभ के लिए कोई ऐसा उपाय कर कि यह जीभ तो खराब है। इससे तो जप नहीं हो सकता, गायत्री माता अशुद्ध हो जाए...
- और जीवात्मा को परमात्मा में मिलाने का तरीका क्या हो सकता है?...? योग का तरीका क्या हो सकता है? वह तरीका एक ही हो सकता है—तप। वेल्डिंग किस तरीके से की जाती है, आपमें ...
- और जो आपके पाँच बच्चे हैं, वे?...? बच्चे जब आएँगे और हमसे माँगेंगे कि पिताजी हमको भी मिठाई दे दीजिए, तब हम उन्हें मारेंगे और कहेंगे कि ...
- और जो आपके पाँच बच्चे हैं, वे?...? बच्चे जब आएँगे और हमसे माँगेंगे कि पिताजी हमको भी मिठाई दे दीजिए तब हम उन्हें मारेंगे और कहेंगे कि त...
- और जो गोबर, जानवरों का गोबर, ऐसे ही फेंक दिया जाता है, धूप में डाल दिया जाता है, कण्डे बनाकर जला दिये जाते है, राष्ट्र के सोने और हीरे जैसे कीमती चीज को नष्ट कर दिया जाता है, इसके लिए समझाया जाना चाहिए, छोटे-छोटे गढ्ढे बनाये जायें, गढ्ढों में जानवरों का गोबर जमा किया जाय, उसके ऊपर कम्पोष्ट की विधि से बढ़िया खाद बनायी जाय, जो सोने के बराबर है और सोना उगा सकता है, हमारे खेतों में गोबर जहाँ का तहाँ पड़ा रहता है, गली-गली, मुहल्ले-मुहल्ले दरवाजे-दरवाजे पर कीचड़ फैलाता रहता है, वहाँ एक स्थान बनाया जाये, क्या यह सेवा नहीं है?...? हाँ, यह सेवा है और मनुष्य जो अपनी टट्टी जहाँ-तहाँ फेंकते रहते हैं, और जहाँ-तहाँ गन्दगी करते रहते हैं...
- और जो पहाड़ों को चकनाचूर कर देते हैं, वे कौन होते हैं?...? वे दिलेर होते है, हिम्मत वाले होते है, साहसी होते हैं। जो साहसी होते हैं, वे ही अपने लक्ष्य तक पहुँच...
- और जो पाप अब तक हम करते रहे हैं?...? उनमें से एक पाप को छोड़ ही देना चाहिए।शारीरिक पापों में मैं हमेशा ऐसे तीन पापों को प्रमुखता देता रहा ...
- और जो बड़ा आदमी हो गया, जवान आदमी हो गया, वह कैसे जा सकता है?...? अतः हमको समाज में विद्या का विस्तार करना है। विद्या का ऋण-कर्ज हमारे ऊपर है। इसे चुकाने के लिए हमक...
- और जो विश्वासी हैं वे कहते हैं कि ऋषियों को, शास्त्रकारों को, आप्त पुरुषों को जिन्होंने अध्यात्म के विधि-विधानों के ऊपर इतना जोर देकर कहा है—तो उनको झूठ बोलने से क्या फायदा?...? इसके पीछे कोई न कोई सच्चाई होनी चाहिए। अध्यात्म विज्ञान है अथवा अन्धविश्वास है, यह तलाश करने के लिए ह...
- और जो सत्तर हूरें मिलेंगी, तो बता मैं उनका क्या करूँगा?...? और शराब की जो नहरें मिलेंगी, बेटे मैं उस नहर का क्या करूँगा? कोई बीड़ी पीता है और मुझे उसका धुआँ लग...
- और जो हमारे राष्ट्रीय ध्वज पर चौबीस धुरी वाला और चौबीस पँखुड़ी वाला चक्र लगा हुआ है, यह क्या है?...? यह सम्राट् अशोक के द्वारा पारित किया और प्रतिपादित किया हुआ धर्मचक्र प्रवर्तन है, जिसको हमने राष...
- और जोड़े बताऊँ?...? मैं आपको और जोड़े बता सकता हूँ। अच्छा बताइए। बेटे! एक जोड़ा और था समर्थ गुरु रामदास और शिवाजी का। सम...
- और ढोंग करने से क्या फायदा?...? जब इन लोगों को इनसे फायदा नहीं हो सकता, तो हमारे जैसे आदमी कैसे आशा रख सकते हैं कि हमारे रोग-शोक और ...
- और तब तक कौन सौभाग्यशाली अपनी वर्तमान स्थिति बनाए रहेगा?...? इस सम्बन्ध में कुछ कह सकना कठिन है।इन पंक्तियों में सामयिक उद्बोधन इतना ही है कि प्रज्ञा परिजन अपनी ...
- और तुम जो कर रहे हो, किसी को तुम नहीं मानते?...? दयानन्द को नहीं मानते? दयानन्द की फोटो है कि नहीं है? हम भी मानते हैं।
बेटे! हमारे बुजुर्ग मानते है...
- और तू कौन है?...? मैं तो वो हूँ, बनिया हूँ। तो आपका और हमारा तो बराबर का वास्ता है। ये कौन हैं? ये तो वो हैं शूद्र। अच...
- और तू मरा हुआ है कि जिन्दा है?...? नहीं महाराज जी! अभी तो हम जिन्दा हैं। नहीं बेटे, तू मरा हुआ है और मरे हुए इंसान सड़े हुए इंसान होते ...
- और तेईस घण्टे?...? तेइस घण्टे, महाराज जी! जितनी भी खुराफत हैं, उनमें से छोड़ूँगा किसी को भी नहीं। एक घण्टे कर ले, यही ते...
- और तेरे बाप का बाप?...? महाराज जी! वह छप्पन वर्ष का होकर मरा था और वह भी लक्ष्मी जी को पूजता था। अच्छा, तो वह मालदार रहा...
- और दक्षिण भारत के मन्दिरों में जो भोग लगता है, उसका क्या हुआ?...? वे सब आपको नहीं मिले? नहीं, हमको नहीं मिले। तो कौन खा जाता है? वे सब पंडे-पुजारी खा जाते हैं। हम तो ...
- और दूसरों के साथ?...? अरे मोहन। तू कहाँ था? तू भी खाले। जी मालकिन! आपने अभी बुलाया कहाँ था? हाँ, ठीक है, यहाँ आ जा। बै...
- और देवी कुछ लायी थी?...? नहीं साहब! रात में सपने में देवी दिखाई पड़ी। पागल कहीं का, बैठा-बैठा बहकता रहता है, सनकता रहता है ...
- और दैवीय शक्तियाँ क्या हो सकती हैं?...? दैवीय शक्तियाँ—जिनको हम देवी-देवता कहते हैं, ये देवी-देवता कोई व्यक्ति नहीं हैं। नहीं साहब! देवी ...
- और दोनों की कीमत में कितना फरक किया जा सकता है?...? हमारा शरीर काम का तो है, लेकिन अगर यह मर जाए, इसमें से प्राण निकल जाए तब? क्या कीजिएगा इस शरीर को? त...
- और दोनों की कीमत में कितना फर्क किया जा सकता है?...? हमारा शरीर काम का तो है, लेकिन अगर यह मर जाए इसमें से प्राण निकल जाए तब? क्या कीजिएगा इस शरीर को? तब...
- और धारा नम्बर तीन कौन सी है?...? सरस्वती। गंगा, यमुना और सरस्वती—अध्यात्म की यही तीन धाराएँ हैं। गायत्री के तीन चरण मित्रो! गायत्री क...
- और ध्रुव और प्रहलाद क्या हो सकते थे?...? कुछ भी नहीं हो सकते थे। राजकुमार जैसे होते हैं, शिकार खेलते रहते हैं, शिकार खाते रहते हैं और खुराफात...
- और न जाने क्या-से-क्या होता चला जाएगा?...? अगर हम अपने दिमाग को सन्तुलित और नियंत्रित कर लें तब? अन्यथा हमारा मन दो कौड़ी के लोभ में फँसा रहता ह...
- और न मिलें तो?...? तो गंगा अपनी जगह पर ठीक है और यमुना अपनी जगह पर ठीक है, पर त्रिवेणी नहीं बन सकती। तीर्थराज नहीं बन स...
- और नहीं चली तब?...? तब आपने बेच दी न अपनी खुशी! नाराजगी में फिर रहे हैं न तब? परिस्थितियों के गुलाम मत होइए। अपनी मन:स्थ...
- और नहीं चली तब?...? तब आपने बेच दी न अपनी खुशी! नाराजगी में फिर रहे हैं न तब? परिस्थितियों के गुलाम मत होइए। अपनी मनःस्थ...
- और नहीं पटकें तो मैं नाराज हो जाऊँगी?...? आप ही बताइये कि मेरे बारे में यह जो अफवाहें फैलाई हुई हैं, यह मेरे गौरव के अनुरूप हैं या नहीं? यह तो...
- और निर्वाह न मिले तो ज्ञान-सम्पदा की बात कैसे सूझे?...? दोनों ही तथ्य अपने-अपने स्थान पर सही हैं। उन्हें परस्पर पूरक, अन्योन्याश्रित कहा जा सकता है। मुर्गी ...
- और पड़ोसियों, और महोल्ले वालों को और उन लोगों को जिनके एहसान आपके ऊपर लदे हुए हैं, उनके लिए जिन अध्यापक ने आपको पढ़ाया था और वो आजकल बिचारा भिखारी की तरह गुजारा कर रहा है, आप उसके प्रति भी कुछ हक नहीं है क्या आपका?...? चार बेटों को बराबर बाँट दिया, चार बेटों को बराबर बाँट दिया, चार बेटों को बराबर बाँट दिया।
ऐसा मत क...
- और पहनने को?...? वह भी समाज से आएगा। तो जब सब समाज से ही आएगा, तो समाज को क्यों ठोकर मार रहा है, जब कि हम सारा-का-सार...
- और पहला कदम जब उठाया था तो किन सिद्धान्तों के आधार पर उठाया था?...? उन सिद्धान्तों को रोज याद कर लिया कीजिए। रोज याद किया कीजिए कि हमारी उस श्रद्धा में, और उस निष्ठा मे...
- और पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या?...? वही लोग हैं। वही सब छाए हुए हैं। फिर वही सब लोग ठंढे हो गए। यह क्या हो गया? पुराने इतिहास और नए इतिह...
- और पृथ्वी की चाल?...? पृथ्वी की चाल साहब एक घण्टे में छह हजार मील है। बहुत बड़ी है न। हों बहुत बड़ी है पृथ्वी। जहाँ इसका उत्त...
- और पृथ्वी से बड़े तो नहीं हैं?...? आदमी जब पृथ्वी पर खड़ा होगा, तो उसका गाल पृथ्वी के बराबर होगा कि छोटा होगा और सूरज तो करोड़ों गुना बड़ा...
- और पैसा दे करके आप क्या भला करेंगे आदमी का?...? आप दूसरों को प्यार दीजिए। लोगों की आत्माएँ किस कदर प्यार के बिना तड़पती रहती हैं। आप दूसरों को सम्मा...
- और पैसा देकर के आप क्या भला करेंगे आदमी का?...? आप दूसरों को प्यार दीजिए न, आप दूसरों को सम्मान दीजिए न। देखिए सम्मान की दुनियाँ कितनी प्यासी है। लो...
- और प्रजा पार्टी में चली गई तो क्या?...? सोशलिस्ट में चली गयी तो क्या? इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या? पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या...
- और प्रजापार्टी में चली गई तो क्या?...? सोशलिस्ट में चली गई तो क्या? इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या? और पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्...
- और पड़ोसियों को?...? और मोहल्ले वालों को? और लोगों को? और उन लोगों को, जिनके अहसान आपके ऊपर लदे हुए हैं। उनके लिए-जिन ...
- और पड़ोसियों को?...? गुरुजी! पड़ोसियों को नहीं दिया। सब बेटों को देने से ही नहीं चलेगा। इससे तो आप भौतिकतावादी हो जाते, ...
- और फिर क्या होता है आपका?...? जब हम रामलीला में जाते हैं तो वहाँ लक्ष्मण भी बन जाते हैं और जब रामलीला खत्म हो जाती है, तब हमारा बा...
- और फिर क्या होता है आपका?...? जब हम रामलीला में जाते हैं तो वहाँ लक्ष्मण भी बन जाते हैं और जब रामलीला खतम हो जाती है, तब हमारा बाप...
- और फिर मेरे जैसा न होकर पंगु हो जाए काना हो जाए तब?...? आप मेरे जैसा ही चाहती हैं न, तो मैं एक ही हूँ। भगवान ने जितने भी जानवर बनाए सब एक ही बनाए दूसरा नहीं...
- और फिर मेरे जैसा न होकर पंगु हो जाए, काना हो जाए तब?...? आप मेरे जैसा ही चाहती हैं न, तो मैं एक ही हूँ। भगवान ने जितने भी जानवर बनाए, सब एक ही बनाए, दूसरा नह...
- और फिर वह कितने साल का हो जायेगा, तब मेरे बराबर होगा?...? मैं तो बत्तीस साल का हूँ। आपको बत्तीस साल तक इंतजार करना पड़ेगा, तब मेरे बराबर बेटा होगा। मैं तो आज...
- और बताइये इसका प्रोनाउन्सिएशन क्या होता है?...? अरे! चुप रह! सिर मत खाना! छब्बीस अक्षर याद कर। नहीं कुछ और बताइये आगे की बात! हाँ, बता देंगे, पहले इ...
- और बताइये और कौन-सा काम किया आपने?...? इन दो कामों के अलावा आपने क्या काम कर लिया? चलिये तीसरा एक और काम भी किया होगा आपने। अपने अहंकार की ...
- और बलवा क्यों होता?...? और खजाने पर हमला क्यों बोला गया होता? छोटी सी भूल के कारण राजा अपना खजाना खो बैठा और छोटी सी हमारी...
- और बाल खाने को नहीं मिलें तब?...? फिर देखना देवी का हाल। इसको बुखार बुला देगी, उसको बीमार कर देगी, उसके पैसे का नुकसान कर देगी। अरे बा...
- और बीबी को?...? बीबी को भी नहीं देंगे। और माँ को? माँ को भी नहीं देंगे। हम कमाते हैं तो हम ही खाएँगे। भाई को भी नहीं...
- और बुखार भी उतर गया न?...? ’’ मैंने गुरुजी से पूछा, ‘‘गुरुजी आप कहाँ पर थे?’’ पर फिर तुरन्त ही मन में सोचा, मैं क्या पूछ रहा हूँ...
- और बुढ़ापे में क्या खराबी है?...? आप बुड्ढे को जवान बनाने वाली बात मत सोचिए। आप दूसरी बात सोचिए कि आपका मनःसंस्थान जो बुड्ढों जैसा हो ...
- और बेटे को?...? बेटे को जलेबी खिलाऊँगा। अच्छा तो बेटे को भी धूपबत्ती खिला? नहीं साहब, अपने बेटों को जलेबी खिलाएगा और...
- और बेटे वेल्डिंग कैसे होती है?...? लोहे के दो टुकड़े बराबर रख करके आग लगाते हैं, फिर चाहे वह बिजली से हो, आग से हो या गैस से हो। हम उस...
- और बेटे, तेरी मनोकामना पूरी करने के लिए तीन साल का तप देना पड़ेगा, वह मैं कहाँ से लाऊँगा?...? हमारे और आपके बीच अर्थात गुरु और चेले जी के बीच यही जद्दोजहद चलती रहती है।मित्रो! आप्तकाम ही दूसरों ...
- और ब्रह्माजी का?...? ब्रह्माजी तो बिलकुल रिटायर हो गए। उनका तो पता भी नहीं है, वे तो बहुत बुड्ढे हो गए और बाबा जी के तरीक...
- और ब्राह्मण बालक को क्यों न बचा लिया जाए?...? उनके प्रबल आग्रह ने कुंती को बात मानने के लिए बाध्य कर दिया। अब इस सौभाग्य का लाभ कौन उठाए? इस बात प...
- और भगवान की इच्छाएँ?...? इच्छाएँ वही बना दी गईं, जो कि एक आदमी की होती हैं। आदमी खाना माँगता है और भगवान प्रसाद माँगता है। ला...
- और भगवान को हमने क्या दिया?...? और समाज को हमने क्या दिया? आज के लेखे-जोखे में हमारा बैलेन्स देने वालों के पक्ष में चला जाता है, तो ...
- और भगवान क्या चाहते हैं?...? भगवान जो चाहते हैं, उस काम को करने के लिए हमारी आगे वाली लाइन पर चलने वाले मार्गदर्शक हमको कहाँ ले...
- और भगवान् को किस तरीके से प्राप्त किया जाये?...? हमको इसके बारे में थोड़ी गहराई तक जाना पड़ेगा, जैसे कि मुझे मेरे गुरुजी ने गहराई में धकेलने की कोशिश...
- और भजन की?...? ईश्वर के भजन की भी महत्ता है। भजन की भी आवश्यकता है, पर चलिए एक बार मैं भजन को गौण मान लेता हूँ ...
- और भविष्य में अपने वर्ग को उच्चाधिकार दिलाने का, स्वागत करने का मानस क्यों न बनाए?...? परिवार के पुरुष भी सोचते हैं कि हमारा कोई सदस्य यदि शासन में भागीदार बनता है, तो उस आधार पर पूरे परि...
- और भी कोई फर्ज-कर्तव्य बनता है क्या?...? और कुछ नहीं बनता। समाज भी कुछ नहीं; राष्ट्र! बिलकुल नहीं। जिसे गुरु कहते आए हो, उसके काम आओगे? नहीं ...
- और मनुष्य कौन होता है?...? मनुष्य राजहंस होता है, परमहंस होता है। परमहंस उसे कहते हैं, जो महामानव होते हैं और राजहंस उसे कहते...
- और मरने के बाद में?...? मरने के बाद में भी बहुत कुछ मिला। मरने के बाद लोग हड्डियों और भस्म को गंगा जी में बहा देते हैं। लो...
- और माँ को?...? माँ को भी नहीं देंगे। हम कमाते हैं तो हम ही खाएँगे। भाई को भी नहीं देंगे, बहन को भी नहीं देंगे।
...
- और माँ चिल्लाती फिरती है कि हमारा बच्चा कहाँ गया?...? बिल्कुल यही हालत हमारी है। हम चिल्लाते फिरते हैं कि वे आदमी कहाँ हैं, जिनको धर्म के प्रति निष्ठा ...
- और माता जी की बेटियाँ?...? माता जी की बेटियों की तो कुछ कहो ही नहीं, ये तो रानी मक्खी हैं। पिछले साल बेटियाँ थीं सौ, अब की बार ...
- और माता जी की बेटियाँ?...? माता जी की बेटियों की तो कुछ कहो ही नहीं, ये तो रानी मक्खी हैं। पिछले साल बेटियों थीं सौ, अब की बार ...
- और मुक्ति किसे कहते हैं?...? बेटे! मुक्ति कहते हैं—बन्धनरहित जीवन को। आदमी को सबसे ज्यादा दुःख इस बात का है कि वह बन्धन में बँधा हु...
- और मेरी प्यारी लड़की कहाँ से मिलेगी और मेरे साथ नाचने का दावा कौन करेगा?...? मीरा को नहीं मारा जाना चाहिए और मीरा को बचाया जाना चाहिए। साँप काटने के लिए आया और भगवान ने अपनी...
- और मैं अविश्वासी भी उतना ही हूँ कि अगर भगवान् भी आये और यह कहे कि मैं विष्णु भगवान् हूँ और तुम्हें यह कहने आया हूँ, तो मुझे यह पूछना पड़ेगा कि क्या आपने मुझे तार भेजा है कि असली क्या है और नकली क्या है?...? कृपा करके दिखाइये? नहीं तो नहीं, फिर आप बहुरूपिया हो। कितने ही बहुरूपिया दो रंग की लकड़ी की बाँह लगाक...
- और मोहल्ले वालों को?...? और लोगों को? और उन लोगों को, जिनके अहसान आपके ऊपर लदे हुए हैं। उनके लिए-जिन अध्यापक ने आपको पढ़ाया ...
- और यह कि मेरी छाया मेरी सहायता करेगी कि नहीं?...? आज यूरोप में यही स्थिति है। दांपत्य जीवन के बारे में इतनी मुश्किल, इतनी दूरियाँ पैदा हो गई हैं कि मि...
- और यह क्या कर रहे हैं?...? पेड़ की काट- छाँट कर रहे हैं। क्यों? खूबसूरती लाने के लिए इसकी काट- छाँट जरूरी है। और डंडा लेकर क...
- और यह गायत्री नगर?...? गायत्री नगर तो बेटे सबसे ज्यादा में बना है। कितने दाम का बनेगा? इसमें पचास लाख भी लग जायँ, तो अचंभ...
- और यह मूर्ति बदले में क्या करती है?...? बदले में यह चुपचाप बैठी रहती है। हम चाहे रोएँ, तो भी चुप, हँसें तो भी चुप, कोई जवाब ही नहीं देती है।...
- और यहाँ किसलिए आये थे?...? ’
बालक ने कहा-मेरा नाम मालोजी है और मैं आपकी हत्या करने के लिए यहाँ आया था। महाराज ने पूछा-तुम नहीं ...
- और ये उसे सिखाया जाना चाहिए कि जीवन श्रेष्ठ तरीके से कैसे जीया जा सकता है, और समाज को सुव्यवस्थित कैसे बनाया जा सकता है?...? समाज अर्थात भगवान। भगवान की पूजा कैसे की जा सकती है इसका एक समग्र शिक्षण करने के लिए ज्ञान-यज्ञ किया...
- और ये पण्डित जी क्या कर रहे हैं?...? जो प्रतिज्ञा करनी चाहिए और जो नियम पालन करने चाहिए जो कुछ इसे बात कहनी चाहिए वह ये पण्डितजी कह रहे है...
- और योगाभ्यास क्या होता है?...? इनसे आपके शरीर और मन पर अर्थात् बहिरंग और अन्तरंग में जो पाप और दुष्प्रवृत्तियाँ हावी हो गयी हैं,...
- और योद्धा कैसे बन जाएगा?...? जप करने से और महात्मा कैसे हो जाते हैं? महात्मा बेटे! हो जाते हैं —— ‘महात्मा गाँधी नमः—महात्मा गाँध...
- और राक्षसी का दिल कैसा होता है?...? राक्षसों का, चोरों का, घटिया आदमी का दिल यह है कि जब त्याग का वक्त आता है, तो वह थर−थर काँपने लगता ह...
- और राक्षसों का दिल कैसा होता है?...? राक्षसों का, चोरों का, घटिया आदमी का दिल यह है कि जब त्याग का वक्त आता है, तो वह थर-थर काँपने लगता ह...
- और राजनीति को छोड़कर धर्मसत्ता में क्यों आ गये?...? भगवान महावीर और भगवान भक्त हनुमान जो दोनों ही आज के दिन पैदा हुए थे, उनके जीवन से भी हमको यही जवाब...
- और राजनीति को छोड़कर धर्मसत्ता में क्यों आ गये?...? भगवान महावीर और भगवान भक्त हनुमान जो दोनों ही आज के दिन पैदा हुए थे, उनके जीवन से भी हमको यही जवाब म...
- और रामचन्द्र जी की?...? बारह पैसे। कृष्ण चन्द्र जी की सोलह पैसे। बेटे, वे सब मनुष्य थे। नहीं साहब! वे मनुष्य नहीं, भगवान...
- और लक्ष्मीबाई कौन थी?...? नारी थी न। स्वतंत्रता के लिए कितना काम किया? अरे नारी न जाने क्या कर सकती है? वह तो ऐसे सन्त पैदा कर...
- और लेने को?...? अहा लेने को तो सुन लो आप, सुनते-सुनते थक जाएँगे, हम कहते-कहते नहीं थकेंगे। मनोकामनाओं से लेकर के दुः...
- और लोग इतने इच्छा-मनोकामना करते हैं, उनकी क्यों नहीं पूरी करते?...? क्योंकि जलाराम इम्तहान में पास हो गये थे। उन्होंने दो प्रतिज्ञाएँ की थीं कि जलाराम मेहनत-मजदूरी करें...
- और लोगों को?...? और उन लोगों को, जिनके अहसान आपके ऊपर लदे हुए हैं। उनके लिए-जिन अध्यापक ने आपको पढ़ाया था और जो बेचा...
- और लड़कों के?...? लड़कों का सफाया। लड़कों के मात्र पन्द्रह-बीस आवेदन आये और वे ऐसे थे कि जिनके बाप-दादों के ब्याह नहीं ह...
- और वह भगवान् कैसा है?...? उस भगवान् का एक ही नाम सही है—न्यायकारी। न्यायकारी भगवान् सब जगह समाया हुआ है। आज आस्तिकता खतम हो गय...
- और वह माताजी, जो अभी-अभी कमरे में आई थीं कहाँ गईं?...? ’’
डॉक्टरों ने कहा, ‘‘हाँ एक शुभ्रवस्त्रा तेजस्वी महिला आई तो थी, कहाँ गई पता नहीं? शायद बाहर होंगी...
- और विभीषण का?...? विभीषण का भी था। विभीषण का योगदान नहीं होता तो यह पता ही नहीं चलता कि रावण का मकान कहाँ है, लंका कहा...
- और विभीषण का?...? विभीषण का भी था। विभीषण का योगदान नहीं होता तो यह पता ही नहीं चलता कि रावण का मकान कहाँ है, लंका कहा...
- और वृंदावन में जो छप्पनभोग लगते हैं, उनका क्या हुआ?...? और दक्षिण भारत के मन्दिरों में जो भोग लगता है, उसका क्या हुआ? वे सब आपको नहीं मिले? नहीं, हमको नहीं म...
- और वे बेचारे भावुक, जो बेमौत मारे जाते हैं?...? जो अपना पैसा खराब करते हैं? समय खराब करते हैं? अकल खराब करते हैं? उनका नाम है—मूर्ख, जो कर्मकाण्डों...
- और वेदों का मूल हमारा कलमा, हिन्दू का कलमा क्या है?...? हिन्दू का कलमा एक है और वह है गायत्री मंत्र। हम दूसरों को भी इज्जत देते हैं। आप किस देवता की पूजा कर...
- और वैराग्य की शिक्षा कैसे दे सकते हैं?...? स्वामी विवेकानन्द ने कहा कि हिन्दुस्तान ने अध्यात्म का पहला पाठ पढ़ना शुरू किया है, जिसका अर्थ है—क...
- और शंकर कहाँ रहते हैं?...? भवानी और शंकर का साँप कितना बड़ा है? और शंकर का बैल कितना बड़ा है? और साँप कैसे रंग के हैं, काले रंग क...
- और शंकर का बैल कितना बड़ा है?...? और साँप कैसे रंग के हैं, काले रंग के हैं कि पीले रंग के हैं? और सिर पर जो चन्द्रमा टँगा हुआ है, वह छ...
- और शक्कर क्या सिखाती है?...? वो हमने कितनी बार बताया और अक्षत क्या सिखाता है? कितनी बार बताया। जल क्या सिखाता है? जल सिखाता है हम...
- और शक्ति की धारायें हमें कहाँ लाना चाहिए?...? साथियो! इसमें कुछ काम आपका है और कुछ काम हमारा है। कुछ आप कीजिए, कुछ हम करेंगे। कुछ काम बेटा करता ...
- और शब्द कहाँ से निकलता है?...? हमारी वाणी से निकलता है। इसे जपयोग कहते हैं। जप के भी दो भाग है—जिह्वा का एक भाग उच्चारण करता है, तो...
- और शब्द कहाँ से निकलता है?...? हमारी वाणी से निकलता है। इसे जपयोग कहते हैं। जप के भी दो भाग हैं-जिह्वा का एक भाग उच्चारण करता है तो...
- और शराब की जो नहरें मिलेंगी, बेटे मैं उस नहर का क्या करूँगा?...? कोई बीड़ी पीता है और मुझे उसका धुआँ लग जाय, तो उल्टी आने लगती है। जब वहाँ शराब की गन्ध मिलेगी और उसम...
- और शान्ति की बाबत?...? नहीं, आपके केवल शान्ति शब्द सुना है। सिद्धियों की बाबत आपको जानकारी है? नहीं, आप तो सिद्धियों को बाज...
- और शाम को इसकी समीक्षा कीजिए कि हमने कोई गलती तो नहीं की है और की है तो उसका सुधार कैसे होना चाहिए और परिमार्जन कैसे होना चाहिए?...? सुबह और शाम को यह आपका प्रात:कालीन, संध्याकालीन क्रम होना चाहिए।इस तरह सांयकालीन संध्या आपकी बिस्तर ...
- और शाम को इसकी समीक्षा कीजिये कि हमने कोई गलती तो नहीं की है और की है तो उसका सुधार कैसे होना चाहिए और परिमार्जन कैसे होना चाहिए?...? सुबह और शाम को यह आपका प्रातःकालीन, संध्याकालीन क्रम होना चाहिए।इस तरह सायंकालीन संध्या आपकी, बिस्तर...
- और शालिग्राम क्या हैं?...? शालिग्राम भी वही हैं। शालिग्राम की मान्यता अगर हमारे जीवन में हृदयंगम हो सके, तो उसका जो प्रभाव हम...
- और सन्त किसे कहते हैं?...? परोपकारियों को कहते हैं, लोकहित में लगे हुए आदमियों को कहते हैं। सत्प्रवृत्तियों में अपने आपको खपा द...
- और समाज के लिए क्या कर सकते हैं?...? यह देखकर हम उनसे ना उम्मीद हो जाते हैं। हम उनसे ज्यादा-से-ज्यादा यही उम्मीद रखेंगे कि हमारा जब हवन...
- और समाज को सुखी- समुन्नत बनाने के लिए क्या करना चाहिए?...? आपको इसकी प्लानिंग करनी चाहिए और इसके लिए योजना बनानी चाहिए। अपने श्रम का उपयोग कैसे करेंगे? समय क...
- और समाज को हमने क्या दिया?...? आज के लेखे-जोखे में हमारा बैलेन्स देने वालों के पक्ष में चला जाता है, तो हम ‘देव’ और हमारा बैलेन्स ल...
- और समुद्र में पानी कैसे भरा होता है?...? ऐसे ही। समुद्र में लहर कैसे आती है। पिता ने छोटी सी कंकड़ी डाली और पानी में लहर उठने लगी। लहरें उठती ...
- और साँप कैसे रंग के हैं, काले रंग के हैं कि पीले रंग के हैं?...? और सिर पर जो चन्द्रमा टँगा हुआ है, वह छोटा वाला है कि बड़ा वाला है। ये सवाल-जवाब पूछने लगे, तो चक्कर ...
- और सात मामा न होते, एक मामा होता तब?...? तो पेट भर जाता। कहते—अरे भाई लड़के! तू रोटी खा करके आया? रोटी खा करके कहाँ से आया, सबेरे का वक्त है। ...
- और सामान्य मनुष्य, जिसको हम शालीन कहते हैं, सज्जन कहते हैं, शरीफ कहते हैं, श्रेष्ठ कहते हैं, वो क्या होता है?...? उसको हम राजहंस कहते हैं। हँस तो महाराज जी! ये रहते हैं तालाब में। तालाबों की बात कौन कह रहा है? साहब...
- और सिखा दीजिए?...? बेटे! जो आपने सीख लिया, वह काफी है। हमने आपको इतना ज्यादा सिखा दिया है कि मैं सोचता हूँ कि इससे ...
- और सीधे मुक्ति मिलती चली जाएगी?...? नहीं, ऐसा नहीं हो सकता। आपने जितनों के नाम गिनाये हैं, जरा उनकी जिन्दगी के पन्ने उलटकर देखिए। आपका य...
- और सृष्टा के दरबार में पहुँचने पर, गर्दन ऊँची उठाकर अपने क्रिया कलापों का सन्तोषजनक विवरण प्रस्तुत करते बन पड़ा?...? पेट-प्रजनन के लिए तो कृमि-कीटक भी जी लेते हैं। दोनों प्रयोजनों को वे अधिक निश्चिन्ततापूर्वक पूरा करा...
- और स्वयं को तथा अन्यान्यों को कैसे ऊँचे उठाया जा सकता है?...? हमारी यह प्रयोगशाला है। यह आश्रम हमारी शुरुआत का एक केन्द्र है, जहाँ हम शिक्षण करेंगे और नवयुग की एक...
- और स्वर्ग कहाँ है?...? स्वर्ग कहाँ है, बाइस हजार मील दूरी पर। बेकार की बातों पर बहकिए मत, स्वर्ग हमारे चिन्तन का व दृष्टिकोण...
- और हनुमान जी का?...? हनुमान जी का भी था। सुग्रीव और जामवंत का? सुग्रीव और जामवंत का भी योगदान था। और विभीषण का? विभीषण का...
- और हम किस तरीके से हैं?...? इस बार का कुम्भ मित्रो! लोगों की निष्ठाएँ ब्राह्मण के प्रति कम हो गई हैं और जो रही बची हैं, वह और ...
- और हम अपने अन्दर जीवन को अर्थात अपनी चेतना को किसके साथ जोड़ें?...? भगवान के साथ जोड़ें। अपनी जीवात्मा को जब हम भगवान के साथ में, परमात्मा के साथ में जोड़ देते हैं, तब ...
- और हम क्या कर सकते हैं?...? बेटे, कब से हमारे झोला पुस्तकालय चल रहे हैं, चल पुस्तकालय चल रहे हैं। इन्हें आप दो घण्टे भी चला दिय...
- और हम क्या कर सकते हैं?...? बेटे, कब से हमारे झोला पुस्तकालय चल रहे हैं, चल पुस्तकालय चल रहे हैं। इन्हें आप दो घण्टे भी चला दिया ...
- और हम हाथ का क्या करेंगे?...? बेटे, हम हाथ से काम कराएँगे। इस माने में आप लोग अब हमारे दाएँ-बाएँ हाथ बनेंगे। बेटे, ये कन्धे अब थक ...
- और हमको जो काम करना है- वह क्या है?...? और हम किस तरीके से हैं? इस बार का कुम्भ मित्रो! लोगों की निष्ठाएँ ब्राह्मण के प्रति कम हो गई हैं औ...
- और हमको तो ढाई सौ रुपये मिलते हैं, साढ़े चार सौ रुपये की तरक्की कहाँ हुई?...? और हमारे पास अस्सी बीघा खेत है, सवा सौ बीघा खेत कहाँ है? हम भगवान् से शिकायत करते चले जाते हैं कि हम...
- और हमारा गुरु कैसा है?...? और हमको जो काम करना है- वह क्या है? और हम किस तरीके से हैं? इस बार का कुम्भ मित्रो! लोगों की निष्ठ...
- और हमारी शानदार जिन्दगी कैसी होनी चाहिए?...? जिन्दगी खुशहाल कैसे हो और सफल कैसे हो? इन दोनों बातों का बैलेन्स अगर हमने मिलाया होता, तो शंकरजी की ...
- और हमारे पास अस्सी बीघा खेत है, सवा सौ बीघा खेत कहाँ है?...? हम भगवान् से शिकायत करते चले जाते हैं कि हमको नहीं दिया गया और भगवान् कहता रहता है, हमको नहीं दिया ग...
- और हमारे भीतर से शरीर निकल जाए, तो क्या हो जाएगा?...? तो फिर हम हो जाएँगे—भूत।
भूत कैसा होता है? भूत ऐसा होता है, जैसे मनुष्य। फरक क्या होता है? फ...
- और हमारे सोचने का तरीका क्या होना चाहिए?...? ये सारे के सारे क्रिया-कलाप हमको इस दिशा पर ले जाते हैं, ताकि हमारा व्यक्तित्व, हमारे भीतर की शक्ति,...
- और हमारे सोचने का तरीका क्या होना चाहिए?...? ये सारे के सारे क्रिया- कलाप हमको इस दिशा पर ले जाते हैं ताकि हमारा व्यक्तित्व, हमारे भीतर की शक्ति,...
- और हमें क्या करना चाहिए?...? हमको उस अध्यात्म को पुनः जाग्रत करना चाहिए।...
- और हाथी भी पकड़ में नहीं आते, मुर्गा?...? मुर्गा भी नहीं आता। हिरन? हिरन पकड़ लिया कर। बकरा बिकता है आजकल। एक-एक बकरा ८०-८० रुपये में बिकता है।...
- और ‘मरा-मरा’ कैसे?...? राम-राम में और मरा-मरा में देखिये, जब चक्र बन जाएगा, सर्कल बन जाएगा, तो कुछ पता ही नहीं चलेगा कि राम...
- और, और अगर आपने अपने फर्ज और कर्तव्यों को समझ रखा हो तब?...? फर्ज का ज्ञान नहीं, कर्तव्य का ज्ञान नहीं, कोल्हू के बैल के तरीके से सारे दिन मरते रहते हैं, दूसरों ...
- और, जिन लोगों को जिस चीज की जरूरत नहीं थी, उनको प्रसन्नता के लिए उपहार रूप में लादते रहे क्या?...? क्यों? वजह क्या? ये सब गलतियाँ, ये गलतियाँ हैं।...
- और, देवता का एक और लक्षण है - क्या लक्षण है?...? देवता अकेले नहीं खाते हैं, अकेले नहीं खाते हैं, अकेले नहीं खाते हैं, मिल-बाँट के खाते हैं। अगर आपके ...
- औरत आपसे कुछ चाहती है, बेटे आपसे कुछ और चाहते हैं, कोई क्या चाहता है, कोई क्या?...? ये जो चाहना हैं, उनमें से अधिकांश अनैतिक होती हैं, अस्वाभाविक होती हैं। ऐसी होती हैं, जिनमें कि वे ह...
- औरत और बच्चे के लिए जियेंगे?...? यह काम तो कोई भी कर सकता है। बुद्ध भगवान के भीतर किसी ने पुकारा और वे छलाँग मारते हुए, उछलते हुए कही...
- औरत विधवा हो जाती है?...? बिलकुल नहीं होती और होती है, तो बेटे आगे-पीछे तो सबका ही होता है, किसका नहीं होता? किसी का साथ होगा,...
- औरतें क्या मिट जाएँगी और औरतों के लिए मर्द नहीं रहेंगे क्या?...? मर्द रहेंगे; लेकिन उनके बीच जो जहर है, उस जहर को निकाल दीजिए। जहर निकल जाता है, तो साँप कितना सुन्दर...
- औरतों के लिए सोने के जेवर बनाए?...? क्यों साहब! जो देवता जितना बड़ा मालदार, वह उतना ही बड़ा भाग्यवान होता है? भगवान जिसको जितनी दौलत दे,...
- औरतों के लिए सोने के जेवर बनाए?...? क्यों साहब! जो देवता जितना बड़ा मालदार, वह उतना ही बड़ा भाग्यवान होता है? भगवान जिसको जितनी दौलत दे, व...
- औरों के पास कहाँ हैं?...? दो-दो, पाँच-पाँच हैं। फिर भी वे इतने काम कर गुजरते हैं। हम तो जाने कहाँ-कहाँ की छलाँग लगाएँगे, देखते...
- औलाद पैदा करने के पीछे आदमी इस कदर पागल है कि समझता ही नहीं कि वह क्या करने जा रहा है?...? समाज के लिए क्या आफत पैदा करने जा रहा है? अपनी औरत का स्वास्थ्य कैसे खराब करने जा रहा है? अपनी आर्...
- औसत नागरिक स्तर का निर्वाह करने में क्या किसी के बड़प्पन में कमी आएगी?...? वरन् सच तो यह है कि उसे अपेक्षाकृत अधिक नीतिवान, अधिक प्रसन्न और अधिक संयमी उदारचेता कहलाने का अवसर ...
- औसत नागरिक स्तर की आवश्यकताएँ क्या हैं?...? आप तय कीजिए और अपना मापदण्ड बनाइये। मनस्वी व्यक्ति ऐसे ही होते हैं और ऐसे ही होने चाहिए। ईश्वरचन्द्र...
- औसत भारतीय किस स्तर का गुजारा करता है?...? आपका स्तर उस तरह का होना चाहिए। स्वरूप उसी प्रकार का होना चाहिए। नहीं साहब! हम तो ज्यादा कमाते हैं, ...
- औसत भारतीय स्तर पर अपने मुल्क में कितने आदमी रहते हैं?...? सत्तर करोड़ आदमी रहते हैं। अत: मुट्ठी भर आदमियों की ओर गौर मत कीजिये।...
- औसत भारतीय स्तर पर अपने मुल्क में कितने आदमी रहते हैं?...? सत्तर करोड़ आदमी रहते हैं। अतः मुट्ठी भर आदमियों की ओर गौर मत कीजिए।...
- औसत से क्या मतलब है?...? औसत आमदनी से यह मतलब है कि आप, आपकी बीबी और आपके दो बच्चे, कुल चार आदमी हैं तो आपकी औसत आमदनी आठ हजा...
- औसत से क्या मतलब है?...? औसत आमदनी से यह मतलब है कि आप, आपकी बीबी और आपके दो बच्चे, कुल चार आदमी हैं तो आपकी औसत आमदनी आठ हजा...
- क, ख, ग पीछे पढ़ाया जाता है, पहले यह बताया जाता है कि यह किस काम के लिए है?...? द्रोणाचार्य न पाँचों पाण्डवों को प्राचीन परम्परा के अनुरूप वही पाठ पढ़ाए— ‘सत्यं वद्’, ‘धर्मं चर’, ‘स...
- कंकड़ पत्थरों और ठूँठ ठूँठों के रहते नये पौधों को जड़ जमाने का अवसर कैसे मिले?...? अतएव अप्रिय और अनावश्यक लगने वाली प्रक्रिया भी उन्हें अपनानी पड़ रही है। यों हर कोई सृजन में प्रसन्न...
- कंकड़, पत्थर वाला खेत हो तब?...? सूखा और पत्थर वाला खेत हो तब? तब आप जो कुछ भी बोएँगे जमीन में, सब आपका बीज भी मारा जाएगा और आप फिर न...
- कंगाल कौन है?...? कंगाल वह आदमी है जिसका मेरापन का दायरा, अपनेपन का दायरा जितनी छोटी सीमा में सीमाबद्ध हो गया है। जिसक...
- कंगाली किसे कहते हैं?...? इसलिए गरीबी और कंगाली में जी रहे बच्चों की सहायता के लिए उन्होंने निश्चय किया कि हम ५० रुपये में अपन...
- कंजूस ने पूछा कि आपको कितना पैसा चाहिए?...? कमेटी के लोगों ने डरते हुए कहा पाँच सौ रुपये। कंजूस ने तुरन्त पचास हजार रुपये का चेक काट दिया। लोगो...
- कंजूसी के लिए कौन कहता है आपसे?...? अच्छे काम के लिए कोई खर्च नहीं है क्या? आप फिजूलखर्च जरा भी मत कीजिए और जो कुछ भी आपके पास धन है, उस...
- कंस से लड़े बिना कहीं काम चला?...? लड़ाई मोहब्बत की है, या कैसी है? हिंसा की है या अहिंसा की है? यह मैं इस बखत बात नहीं कह रहा हूँ।...
- कंस से लड़े बिना काम चला?...? लड़ाई मोहब्बत की है अथवा कैसी है, हिंसा की है, अहिंसा की है, ये मैं इस वक्त बात नहीं कह रहा हूँ।...
- कई तरह की बोलियाँ बोलने से भगवान की भक्ति का कोई ताल्लुक है?...? मेरा स्वयं का अपना ऐसा विश्वास है कि ईश्वर की भक्ति से बोलियाँ बोलने का कोई बहुत ज्यादा ताल्लुक नह...
- कई दिन विचार करता रहा कि क्या करना चाहिए?...? समझ में आ गया कि यह करना चाहिए। अध्यात्म का अर्थ क्या होता है यह उसकी समझ में आ गया। आपकी समझ में नह...
- कई दिनों तक विचार करता रहा कि मैं पागल हो जाऊँगा क्या?...? नास्तिक हो जाऊँगा क्या? छोड़कर भागूँगा क्या? चला जाऊँगा क्या? मैं यही सोचता रहा। फिर एक दिन मेरे भीतर...
- कई बार तो अचंभा होता है और मालूम पड़ता है कि फिलॉसफी की दृष्टि से कहीं हिन्दू धर्म पिछड़ा हुआ तो नहीं है?...? मन में ऐसा विचार कई बार आता है कि व्यापक शक्तियों की शक्ल क्यों कर बनाई गयी? शक्लें बनाने के बारे ...
- कई बार तो पहचानने वालों को भ्रम हो जाता था कि इनमें से श्रीकृष्ण कौन है और प्रद्युम्न कौन है?...? इसका कारण सिर्फ यह था कि उन लोगों ने बच्चा पैदा करने से पूर्व अपनी तैयारी की थी।...
- कई बार मैं विचार करता था कि सिर काट डालने का क्या मतलब है?...? आदमी का सिर काट डालने से क्या आदमी बदल जाएगा? मरने के बाद भूत हो जाएगा, पलीत हो जाएगा और फिर तंग करे...
- कई बार मैं विचार करता था कि सिर काट डालने का क्या मतलब है?...? आदमी का सिर काट डालने से क्या आदमी बदल जाएगा? मरने के बाद भूत हो जाएगा, पलीत हो जाएगा और फिर तंग करे...
- कई बार वहाँ गया, यज्ञ के बारे में समझाया किन्तु पता नहीं क्यों?...? किसी को कुछ समझ में नहीं आ रहा था। यहाँ तक कि पूज्य गुरुदेव भी उस गाँव में पहुँच गये, फिर भी यज्ञ मे...
- कई लोग ऐसा सोचते तो हैं कि किसी सम्पन्न महामानव के साथ सम्बन्ध जोड़ने में लाभ है, पर यह भूल जाते हैं कि दूसरा पक्ष अपनी सामर्थ्य किसी निरर्थक व्यक्ति के निमित्त क्यों गँवाएँगे?...? ’’ ‘‘हम सूक्ष्म दृष्टि से ऐसे सत्पात्र की तलाश करते रहे, जिसे सामयिक लोक-कल्याण का निमित्त कारण बनान...
- कई व्यक्ति प्रायः ऐसा कहा करते हैं कि 'राम जाने लोगों को बच्चों से बातचीत करने में क्या मजा आता है?...? मुझ में तो धीरज है नहीं बच्चों से सिर खपाने की। बच्चों से क्या बात की जाए मेरी तो समझ में नहीं आता।'...
- कक्षा में कुछ बच्चों का झगड़ा होने पर?...?
उत्तर- उन्हें अलग करेंगे। झगड़ा प्यार से सुलझाने का प्रयास करेंगे। शिक्षक को सूचित करेंगे।
३. किसी क...
- कक्षा में कुछ बच्चों द्वारा सबके साथ अक्सर दुर्व्यवहार करते रहने पर?...?
उत्तर- सम्भव हुआ तो उन्हें समझायेंगे। गम्भीर परिणामों की चेतावनी देंगे। शिक्षक को सूचित करेंगे। माता-...
- कच्चा लोहा कहाँ से आता है?...? साहब! यह जमीन में से खोद-खोदकर आता है। साहब! जरा लोहा दिखाना। यह ऐसा लोहा जैसे मिट्टी मिला हो। यह लो...
- कच्चा लोहा कहाँ से आता है?...? साहब! यह जमीन में से खोद खोदकर आता है। साहब! जरा लोहा दिखाना। यह ऐसा लोहा जैसे मिट्टी मिला हो। यह लो...
- कच्ची धातु कैसे निकलती है?...? कच्चा लोहा कैसे निकलता है। बेटे! कच्चा लोहा खदान से जो निकलता है, मिट्टी मिला हुआ होता है। फिर उसे...
- कच्चे घड़े में क्या कभी कर्मकाण्ड सिखाये गये हैं?...? क्या कच्चे घड़ों में योगविद्याएँ सिखायी गयी हैं? क्या कच्चे घड़ों में आध्यात्मिकता का मर्म और रहस्य सि...
- कच्चे में पानी कैसे रखा जा सकता है?...? गुरुदेव! आप तो ज्ञानी विद्वान हैं, ये भी नहीं जानते कच्चे घड़े में पानी रखा जाएगा, तो कच्चा घड़ा स्वयं...
- कट जाने दें नाक को, एक दिन कटनी है, तो कट-कटा जाए क्या हर्ज है?...? यहीं रख जाना अपनी नाक को, काट करके शान्तिकुञ्ज में फेंक जाना। इनको आगे तो बढ़ाइए। आप आगे तो चलिए। आप...
- कटुभाषा से नाराजगी नहीं होगी, तो और क्या होगा?...? नहीं साहब, बिच्छू का डंक मारे बिना हमारा तो काम ही नहीं चलता। नहीं बेटे, अपनी जुबान पर जरा शहद लगाइए...
- कटोरी से पी लें?...? कटोरी से पी लो। हाथ से पी लें? हाथ से पी लो। सोके पी लें? सोकर पी लो। लेटकर पानी पी लें? हाँ, बीमार ...
- कठपुतली के तरीके से अगर बाजीगर के हाथ में आप जिन्दगी की नाव को सौंप सकते हों, अपने विचार और चिन्तन सौंप सकते हों और अपनी इच्छाएँ एवं आकांक्षाएँ सौंप सकते हों, फिर आप देखिए कैसा मजा आता है?...? आप सब उस जनरेटर से सम्बन्धित हो जाइए, जिसके साथ में जुड़ने पर ही बल्ब जलते हैं। पंखे भी तभी चलते हैं,...
- कठपुतली कौन होता है?...? शिष्य। जिस तरीके से कठपुतली अपना समर्पण करती है और कहती है कि जैसा चाहें वैसा नाच आप नचाते चलिए, हम ...
- कठिन काम सौंप दीजिए?...? नहीं बेटे! कठिन काम आप नहीं कर पाएँगे। कठिन काम करने के लिए कुमार जीव के तरीके से वहाँ भेज दें। कहाँ...
- कठिन काम सौंप दीजिए?...? नहीं बेटे! कठिन काम आप नहीं कर पाएँगे। कठिन काम करने के लिए कुमारजीव के तरीके से वहाँ भेज दें। कहाँ?...
- कठिन क्या है?...? पैसा कमाना कठिन है? शायद ईमानदारी से या बेईमानी से भी यह हो सकता है। हम तो साहब वासना को पूरा करेंगे...
- कठिनाइयाँ क्या होती हैं?...? उनके कष्ट क्या होते हैं? यह सब मैं समझ सकूँ, ताकि उनकी सहायता कर सकूँ।मित्रो! स्वर्ग, मनुष्य के देखन...
- कठिनाइयों से होती है, और कैसे होती है?...? नहीं साहब! आप इम्तिहान ले लीजिए। आप सवाल पूछ लीजिए, हम लिखकर दे देंगे। बेटे! इसमें सवाल नहीं पूछा जा...
- कठिनाइयों से होती है, और कैसे होती है?...? नहीं साहब! आप इम्तिहान ले लीजिए। आप सवाल पूछ लीजिए हम लिखकर दे देंगे। बेटे! इसमें सवाल नहीं पूछा जात...
- कठिनाई एक पड़ती है, सदुपयोग कर सकने की पात्रता विकसित हुई या नहीं?...? इस सन्दर्भ में भविष्य के लिए झूठे वायदे करने से कुछ काम नहीं चलता। प्रमाण यह देना पड़ता है कि अब तक ज...
- कत्ल करने के लिए धर्म से क्या ताल्लुक है?...? ये तो घोर नृशंस पाप है, पिशाचपन है?ये पिशाचपन हमारे हिन्दू समाज में जहाँ-तहाँ फैला हुआ पड़ा है। हमको ...
- कथा पढ़ी है?...? नहीं, नहीं पढ़ी शायद। पाण्डव जो थे, पाँच देवताओं के बेटे थे। कर्ण जो था, वह भी देवता का बेटा था।...
- कथा हमने सुनी, ज्ञान हमने सुना, पुस्तकें हमने पढ़ी, लेकिन हमारे मन में काम करने की ऐसी उमंगें ही नहीं उठीं, तो ये मानना चाहिए कि हमने बीज बोया और बीज बोने के बाद पैदा नहीं हुआ, उगा नहीं, फला नहीं, फूला नहीं, फला-फूला नहीं तो बोने का लाभ क्या रह गया?...? हमको जो अच्छे विचार और श्रेष्ठ विचार और जीवन को ऊँचा उठाने वाले विचार लोगों में विस्तृत करने चाहिए औ...
- कदम से कदम मिलाया तो क्या आप समझ सकते हैं कि किसी महत्त्वपूर्ण शक्ति के साथ कन्धा मिलाने की क्या कीमत हो सकती है?...? क्या फायदा हो सकता है? आप तो अन्दाज नहीं लगा पा रहे हैं, लेकिन हनुमान ने लगा लिया था वह हिम्मत दिखाई...
- कदाचित् अगर आप एक कदम आगे बढ़ा दें और महानता की ओर चल पड़ें तब?...? तब आपको दूसरा काम करना पड़ेगा। तब फिर आपको औसत भारतीय की तरीके से सीमित में निर्वाह करना पड़ेगा। आपक...
- कन्या देकर उसने क्या अपराध कर डाला, जिसका जुरमाना घर की कुर्की करा देने पर भी पूरा नहीं होता?...? समय-कुसमय उसकी माँग-फरमाइश का दबावपूर्ण सिलसिला सदा ही चलता रहता है। जब भी कुछ कमी पड़ती है, तभी अपम...
- कन्याकुमारी से लेकर और वहाँ तक रामेश्वरम तक, ये कैसे हुआ?...? ये बराबर समय का विभाजन करते रहे। अन्य भाषाओं को सीखते-पढ़ते रहे।
अब्राहिम लिंकन जब सड़क पर निकलते ...
- कपड़ा क्या पहनते थे?...? यही सूत के, ऊन के कपड़े पहनते थे। फिर देवमानव कैसे हुए?
मित्रो! देवमानव इसीलिए हुए कि उनका भीतर ...
- कपड़ा था क्या?...? नहीं था। नंग-धड़ंग मरघट में पड़े रहते थे। उनके अपने घर में तो लक्ष्मी है नहीं, तुझे और लक्ष्मी दे जा...
- कपड़ा था क्या?...? नहीं था। नंग- धड़ंग मरघट में पड़े रहते थे। उनके अपने घर में तो लक्ष्मी है नहीं, तुझे और लक्ष्मी दे जा...
- कपड़े आपने बनाए हैं?...? नहीं महाराज जी! हमने नहीं बनाए हैं। बेटे! ये मिलों ने बनाए हैं, फैक्टरियों ने बनाए हैं, मजदूरों ने ब...
- कपड़े की कीमत क्या हो सकती है?...? कपड़ा तो ज़रा सी कीमत का था। लेकिन भगवान के भण्डार में चला गया तो लाखों गुना हो गया।
भगवान ने देखा ज...
- कपड़े कौन पहनता है?...? शादी-विवाह किसके होते हैं? कुटुम्ब बना करके कौन रहता है? दवा-दारू का इन्तजाम किसके लिए है? बोलना किस...
- कपड़े से मुँह ढक लिया, ये क्या करते हैं आप?...? उन्होंने कहा, "मुझे देने में ऐतराज नहीं है, पर इस आदमी को देखने का मेरा मन नहीं। क्यों? क्योंकि इस आ...
- कपड़ा रँगने से पहले आपने उसे धोया था न?...? अगर आपने धोया नहीं होगा, तो कपड़े का रंग कभी भी नहीं आ सकता। राम का नाम कपड़ा रँगने के बराबर है। इसक...
- कपड़ा किसे कहते हैं?...? सारी दुनिया के जंगली लोगों में उन्होंने सभ्यता सिखायी। न केवल एशिया में, बल्कि सारे संसार में सिखायी...
- कपड़ा कौन है?...? चुगलखोर। ये हर आदमी की हैसियत को, हर आदमी के स्वभाव को और आदमी के रहन-सहन को बता देता है। ये आदमी ...
- कपड़ा जो आप पहनते हैं, दवाएँ जो इस्तेमाल करते हैं, किताबें जो आप पढ़ते है या जो उद्योग-धन्धा आप करते हैं, अकेले आप कैसे कर सकते हैं?...? यह समाज का ऋण है, जिसकी वजह से आप इतनी ऊँची श्रेणी में है। इस ऋण को चुकाना आपका काम है अर्थात् समाज-...
- कपड़ा बाप नहीं पहनाये तब?...? स्कूल के लिए फीस न दे तब? तब बताइये बच्चा कैसे आगे बढ़ेगा? शादी हुई हो आपकी, यह शादी की बीबी कहाँ से ...
- कपड़ा, कुर्ता आप कितना पहनते हैं?...? चार गज का? अच्छा आप बाइस गज का कुर्ता पहनकर दिखाइए। आप कितनी लम्बी चारपाई पर सोते हैं? चार फुट वाली प...
- कपड़े की क्रीज कैसे खराब हो जाती है?...? कैसे ठीक रखी जा सकती है, ये सभ्यता और शिष्टाचार सीख सकते हैं, पर उनका भावात्मक विकास नहीं हो सकता? क...
- कपड़े की साधना किसकी है?...? ये धोबी की साधना है। मूर्तिकार की साधना है? पत्थर का एक टुकड़ा नाचीज सा छैनी और हथौड़े को लेकर के मूर...
- कपड़े की साधना किसकी है?...? ये धोबी की साधना है। मूर्तिकार की साधना है? पत्थर का एक टुकड़ा नाचीज-सा छैनी और हथौड़े को लेकर के मूर्...
- कपड़े से मुँह ढक लिया, ये क्या करते हैं आप?...? उन्होंने कहा, "मुझे देने में ऐतराज नहीं है, पर इस आदमी को देखने का मेरा मन नहीं।" क्यों? क...
- कब तक खायेगा?...? तब तक खाऊँगा, जब तक रात के दस बजे तब बन्द नहीं हो जाता।अच्छा बेटे, यह बता कि कुछ काम भी करेगा या नहीं...
- कब आते हैं?...? जब फूल खिलते हैं। फूल के तरीके से आप अपने जीवन को खिला सकते हों, अपनी पात्रता को दिखा सकते हों, अपनी...
- कब करना चाहिए और कब नहीं करना चाहिए?...? यह सब जानने के लिए, पाँच साल लगाने पड़ते हैं। ऑपरेशन करने की विधि क्या है? बड़ा वाला डॉक्टर-प्रोफेसर ए...
- कब करा दिया था?...? जब १३ वर्ष के थे, कहती थी कि मैं मर जाऊँगी, मेरे बेटे का ब्याह कराओ और वही अम्मा हमारे बड़े भाई से य...
- कब करेंगे शक्तिपात?...? बेटे! दोपहर को व्याख्यान के बाद आ जाना, मैं तेरा शक्तिपात करूँगा। अच्छा साहब! बैठ गए, लीजिए कीजिए शक...
- कब की थी उन्होंने साधना?...? कौन सा अनुष्ठान किया था, बताना जरा? अच्छा, कोई साधना नहीं की थी तो कहाँ से आती थी शक्ति? बेटे! रामकृ...
- कब की बात है यह?...? यह बड़ी पुरानी बात है। वेदों की उस सभ्यता व संस्कृति का आगमन क्या हुआ, आदमी नहीं रह गया, देवता बन गया...
- कब खाई है जूठन?...? शबरी की जूठन खाई ने देवता ने। क्यों साहब! क्यों खाने गया था जूठन? इसलिए जूठन खाने गया था कि वो दुनिय...
- कब तक आएँगे?...? अरे! जब तक हजार जन्म मिलेगा, तब तक आएँगे। तब तक आएँगे? हाँ! तब तक आएँगे। इसके लिए जो स्वप्न देखा था,...
- कब तक काम करेंगे?...? जब तक साँस चलेगी। रिटायर्ड होंगे तब? तब हम दूना काम करेंगे। पहले हमें कमाने की फिक्र थी, इसलिए रोटी ...
- कब तक काम करेंगे?...? जब तक साँस चलेगी। रिटायर्ड होंगे तब? तब हम दूना काम करेंगे। पहले हमें कमाने की फिक्र थी, इसलिए रोटी ...
- कब तक नहीं मरेंगे?...? लाखों वर्षों तक करोड़ों वर्षों तक हम नहीं मरेंगे। हम आपसे वायदा किए जा रहे हैं कि बिलकुल नहीं मरेंगे...
- कब तक मंत्री हो जाऊँगा?...? अब तीन महीने रह गये हैं और वे सचमुच मंत्री बन गये। यह बात कानों से कान फैलती चली गयी। जब मैं ग्वालिय...
- कब तक रह सकते हैं?...? महामृत्युञ्जय मंत्र से आप कहते हैं, अवश्य अच्छा कर देंगे, तो फिर आप बाप को अच्छा क्यों नहीं कर पाते?...
- कब तक साथ देंगे?...? हमारी भुजाएँ, हमारा आत्मबल, हमारे पाँव यदि ठीक हैं, तो हम चल सकते हैं। हमारी आँखें ठीक हैं, तो हम दू...
- कब तक है आवश्यकता?...? यह अभी बस यहाँ की, यहीं रहने दो कि कब तक की आवश्यकता है, पर अभी उसकी जरूरत है। यह तो मैं आपके दिमागो...
- कब तक हो जाऊँगा?...? तीन महीने बाद हो जाओगे। सच में वह आदमी मुख्यमंत्री हो गया। यह बात कानोकान एक से दूसरे तक फैलती चली ग...
- कब थे शक्तिशाली?...? तब थे, जब भगवान राम से जुड़ गए। भगवान राम से जुड़ गए, तो भगवान ने उनके अन्दर वह शक्ति भर दी कि सारी ...
- कब धन्य हो गए?...? जब उनको सेंटपॉल मिल गए। सेंटपॉल कौन थे? सेंटपॉल ईसा से तीन सौ वर्ष बाद पैदा हुए थे। उन्होंने सार...
- कब प्रभाव पड़ता है?...? प्रभाव तब पड़ता है, जब हम अपने जीवन को उसके लायक बना लेते हैं। प्रभाव पड़ेगा? हाँ बेटे, बिलकुल पड़ेग...
- कब फहरा लिया था?...? जिस दिन अँगरेज यहाँ से विदा हुए थे, उस दिन हमने अपने दिल्ली वाले लाल किले के ऊपर तिरंगा झण्डा फहराया ...
- कब फहरा लिया था?...? आज से छब्बीस-सत्ताईस वर्ष पहले। जिस दिन अँग्रेज यहाँ से विदा हुए थे उस दिन हमने अपने दिल्ली वाले लाल...
- कब बनाई थी?...? करोड़ों वर्ष पहले बनाई थी। जहाँ हम बैठे हुए हैं, उसे पटवारी के खाते में देख करके आ। लाखों आदमियों के...
- कब मिली थी?...? अच्छे उद्देश्य के लिए ज़ब आदमी जान हथेली पर रखकर निकलता है तो भगवान भाग करके सहायता करने के लिए आता ...
- कब मिली थी?...? अच्छे उद्देश्य के लिए जब आदमी जान हथेली पर रखकर निकलता है तो भगवान भाग करके सहायता करने के लिए आता ह...
- कब यह सफलता मिलती है और कब नहीं मिलती?...? किसी भी बीज को पैदा करने के लिए तीन चीजों की आवश्यकता होती है। भूमि उसके पास होनी चाहिए। भूमि के अला...
- कब यह सफलता मिलती है और कब नहीं मिलती?...? किसी भी चीज को पैदा करने के लिए तीन चीजों की आवश्यकता होती है। भूमि उसके पास होनी चाहिए। भूमि के अला...
- कब सम्भव है?...? यह तब सम्भव है जब आप वाणी का संयम प्रारम्भ करेंगे।
मित्रो! वाणी के तप के बारे में मैंने आपसे कहा थ...
- कब से खड़े हो?...? बोल देते! तुम्हारा इतना समय बरबाद नहीं होता।’’ गुरुजी, ‘‘आप लिख रहे थे। आपको डिस्टर्ब होता।’’ ‘‘अरे!...
- कब से था?...? जब से वह ताप हाथ में आया, जिसे मैं ज्ञान का ताप कहता हूँ, विद्या का ताप कहता हूँ और दूसरे शब्दों में...
- कब हुए थे?...? आज से पचास साल पहले। पचास वर्ष के बाद में पीढ़ियाँ बदलती चली गयीं। कुछ पुराने आदमियों का स्वर्गवास ...
- कबीर कहाँ तक पढ़े थे?...? रैदास कहाँ तक पढ़े थे? कहीं तक नहीं पढ़े थे, फिर भी उन्होंने भगवान का काम किया कि नहीं? वे भगवान से ...
- कबीर की क्या परिस्थितियाँ थीं, बताइये?...? कबीर को कौन कन्धे पर उठाकर ले गया था? मनःस्थिति में विकसित करें विवेक केवल मनःस्थिति थी, जिसमें विव...
- कबीर के पास पैसा था?...? गाँधी जी के पास पैसा था? समर्थ गुरु रामदास के पास पैसा था? रामकृष्ण परमहंस के पास पैसा था? ईसामसीह...
- कबीर को कौन कन्धे पर उठाकर ले गया था?...? मनःस्थिति में विकसित करें विवेक केवल मनःस्थिति थी, जिसमें विवेकशीलता मुख्य है। मनःस्थिति में एक ची...
- कबूतर बीमार पड़ते हैं?...? लोमड़ी, खरगोश जो जंगल में उछलते हैं, कहीं बीमार पड़ते देखे हैं आपने? कोई नहीं पड़ता है।
एक ही बेवकूफ ...
- कबूतर बीमार पड़ते हैं?...? लोमड़ी, खरगोश जो जंगल में उछलते हैं, कभी बीमार पड़ते देखे हैं आपने? कोई नहीं पड़ता। एक ही बेवकूफ जानवर ...
- कबूतरी ने कहा—क्या?...? कबूतर ने कहा कि अपने जीवन की सार्थकता इसी में है कि हमारे खून का एक-एक जर्रा इसके काम आ जाए।
कबूतर...
- कब्ज, जुकाम, अनिद्रा जैसे रोगों का तो कहना ही क्या?...? वे तो नए फैशन के रूप में एक से अनेकों पर अपना आधिपत्य जमाते देखे जाते हैं।...
- कब्र किसे कहते हैं?...? कब्र बेटे, गड्ढे को कहते हैं, जिसमें आदमी को दफन किया जाता है। हकीम लुकमान हमेशा यह कहते रहे कि आदमी...
- कभी आपने अपनी जीभ से दूसरों की प्रशंसा भी की है क्या?...? जरा बताना तो सही। जब भी आप घरवाली के पास गये हैं, तो यही कहते रहते हैं कि बर्तन साफ करना नहीं आता, ब...
- कभी आपने कैदियों को जेलखाने में जाते हुए देखा है कि वे कैसे जाते हैं?...? हाथों में हथकड़ी डाल देते हैं, ताकि वे भागने न पाएँ। पैरों में बेड़ी डाल देते हैं, ताकि वे भागने न प...
- कभी आपने टाटा नगर देखा है?...? आप जाकर देखें; वह बहुत ही सुन्दर ढंग से बसा है।विवेकानन्द जब विदेश गए तो उसका खर्चा अन्यों ने उठाया।...
- कभी आपने देहात के मेलों में हवाईजहाज देखे हैं?...? हवाईजहाज आते हैं, वे तमाशे वाले। तमाशे वाले बच्चों को पाँच-पाँच पैसे में हवाईजहाज में बैठाते हैं। बच...
- कभी आपने सुना है?...? नहीं साहब ! हमने तो नहीं सुना। अभी तो आंध्र में तूफान आया था, क्या आपको मालूम है? नहीं साहब ! हमें त...
- कभी क्या करेंगे?...? कभी क्या करेंगे? कम से कम दो घण्टे का मौन तो रखिए ही। उस समय रखिए जब लोग, मिलने जुलने वाले, आपके पास ...
- कभी क्या करेंगे?...? कम-से दो घण्टे का मौन तो रखिये ही; उस समय रखिये जब लोग, मिलने-जुलने वाले, आपके पास ज्यादा आते-जाते ह...
- कभी झलक भी मिलती है, तब उन्हें एकटक देखते हुए यह सोचते हैं कि क्या ये सचमुच ईश्वर रूप हैं?...? उनके इस प्रकार सोचते ही मायापति अपनी माया से उन्हें आच्छादित कर देते हैं व फिर अति सामान्य की तरह सब...
- कभी दिमाग गरम हो गया होगा, तो हो गया होगा, ऐसा भी मैं नहीं कहती कि नहीं हो गया; लेकिन सिद्धान्त और विचारणा से ऐसे गुँथे रहे आपस में कि बस, क्या कहें आपसे?...? दूध और पानी कहें? दूध और पानी में कभी खटाई डालें, तो भी फट जाते हैं। हम तो दूध और पानी से भी ज्यादा ...
- कभी देखा कि जिन्हें तूने ग्राहक बनाया है, वह पढ़ता है कि नहीं?...? उसके पास बैठ, उससे चर्चा कर, पता चल जायगा कि पढ़ता भी है कि नहीं।’’
कार्यकर्ता ने जाना कि अभी तक साह...
- कभी नहीं माँगा और कभी माँगेंगे भी नहीं; लेकिन एक चीज माँगने के लिए तुम्हारी माँ उपस्थित हुई है कि कौन हमारे बच्चे हैं जो कि हमारे हाथ बनना चाहते हैं?...? गुरुजी का आह्वान है कि हम हजार हाथ का बनना चाहते हैं? हजार हाथ, जिसमें आप सभी बैठे हैं, सब उनके एक-ए...
- कभी पूछता कि आप उपासना कैसे करते हैं?...? किसका ध्यान करते हैं? वे कहते कि हम प्रकाश का ध्यान करते हैं। तो मैंने कहा कि प्रकाश निराकार कहाँ है...
- कभी बेचारे बच्चों को यह अनुभव न हो सका कि हमारा पिता कौन है और पिता की मोहब्बत किसे कहते हैं?...? बस, अच्छा कपड़ा पहना दिया, अच्छी मिठाई खिला दी। अच्छे से समाज में बिठा दिया। ये भी कोई बात है क्या? ...
- कभी बोलेंगे, कभी चिट्ठी लिखेंगे, कभी हाथ से लिखेंगे, कभी क्या करेंगे?...? कभी क्या करेंगे? कम से कम दो घण्टे का मौन तो रखिए ही। उस समय रखिए जब लोग, मिलने जुलने वाले, आपके पास ...
- कभी भी बुला लेते थे, फिर चाहे सुबह के चार ही क्यों न बजे हों?...?
काम के आगे भोजन को भी उन्होंने कभी महत्त्व नहीं दिया। हम कभी भी पहुँच जाते थे। कभी-कभी समय का ध्या...
- कभी मुँह बड़ी हो जाती है तो कभी पूँछ बड़ी हो जाती है तो फिर क्या करते हैं उनका?...? अकल ठिकाने लगाता हूँ। अगर हनुमान की नाक बड़ी हो जाती है तो उसकी ऐसी घिसाई करता हूँ कि वह सीधी हो जात...
- कभी यह भी सोचा क्या कि सारा का सारा समाज यह भी अपना अंग है?...? यह भी तो हमारा ही है। इसके प्रति कुछ जिम्मेदारियाँ हैं, देख! गुरुजी ने जिम्मेदारियाँ समझीं कि जो दौल...
- कभी लोगों के असहयोग के रूप में दिखाई पड़ती हैं, कभी क्या और किस रूप में दिखाई पड़ती हैं?...? आप उन सारी समस्याओं का मुकाबला कर सकते हैं। अगर आपने, अपने आपको सही करने का ज्ञान प्राप्त कर लिया है...
- कभी श्रद्धा भी देखी है?...? श्रद्धा को भी जानते हो? श्रद्धा को भी पूछते हो? श्रद्धा का भी कुछ मालूम है?खिलौने लिए फिरते हो। बेवक...
- कभी साल-दो साल में एक-आध घण्टे का सत्संग कर लिया, तो क्या उससे हमारा उद्देश्य पूरा हो जाएगा?...? इसलिए अच्छा तरीका यही है कि हम अपने जीवन में नियमित रूप से जैसे अपने कुटुम्बी और मित्रों से वात करते ...
- कभी साल-दो साल में एक-आध घण्टे का सत्संग कर लिया तो क्या उससे हमारा उद्देश्य पूरा हो जाएगा?...? इसलिए अच्छा तरीका यही है कि हम अपने जीवन में नियमित रूप से जैसे अपने कुटुम्बी और मित्रों से बात करते...
- कभी सोचा है कि यह दुनिया कैसे जिएगी?...? दुनिया के कायदे कैसे रहेंगे, दुनिया के नियम कैसे चलेंगे? दुनिया की व्यवस्था कैसे कायम रह पाएगी? बता ...
- कभी हमने अपनी पत्नी को प्यार भरी दृष्टि से देखा होता, गरीबी में मक्का की रोटी और छाछ पीकर के अगर आप दोनों की आत्मा में प्यार की भावना बढ़ रही होती, तो गंगा और यमुना घर में प्रवाहित हो रही होतीं और आपने देखा होता कि स्वर्ग किसे कहते हैं?...? दृष्टिकोण में है स्वर्ग मित्रो! स्वर्ग कहीं होता होगा, मैंने देखा नहीं है। अगर स्वर्ग कहीं हो भी तो ...
- कम किसका पड़ने वाला है?...? सड़ेगा कौन? सड़ेंगे वो स्वार्थी और फलेगा कौन? फलने वाला है परमार्थी। गंगा फलेगी और कौन देगा? हिमालय। अ...
- कम कीमत की चीज जब बेशकीमती हो जाए, जिस तरीके से उस तरीके का नाम है पारस तो कोई और उदाहरण बताइये?...? अच्छा एक और उदाहरण बता सकते हैं। एक छोटा-सा बच्चा घूम रहा था। बच्चे को एक स्वामी जी ने पकड़ लिया और क...
- कम क्यों है?...? इसलिए कम है कि जो कमाऊ पूत होता है, माँ- बाप उसकी तरफ देखते हैं, निगाह रखते हैं कि यह लड़का कमाल का ...
- कम पैसे लेने में तुम्हें हानि नहीं होगी?...? मोची बोली-होगी तो पर अपना कर्तव्य न पालन करने से जो हानि होती उससे यह हानि कम है। (५) आजाद हिन्द सेन...
- कम बच्चों से आपका गुजारा नहीं हो सकता?...? आपके जो कम बच्चे हैं, उनको आप क्या पर्याप्त नहीं मान सकते? हमारा कहना मानिए अब बच्चे मत बढ़ाइए। जो ...
- कम बच्चों से गुजारा नहीं हो सकता?...? कम बच्चे जो हैं उसको आप पर्याप्त नहीं मान सकते। ऐसे मानिये। अब बच्चे मत बढ़ाइए। जो बच्चे हैं उनकी क्...
- कम रुपये मिलते, तो दाल-आटे का भाव पता चलता कि बच्चों का पालन कैसे किया जाता है?...? बड़ा आया हुकूमत चलाने वाला।
कर्तव्यपालक होते हैं महापुरुष
मित्रो! महापुरुष कर्तव्यों का पा...
- कम सुनने वाला आदमी कैसे बोलता है?...? सोचता है इन सबको कम सुनाई पड़ता है। धोती मँगा दीजिए। अरे हमारे तो कान अच्छे हैं। आप ये समझ रहे हैं,...
- कम से कम इतना तो करें?...? — सूर्योदय के समय वैयक्तिक और सामूहिक गायत्री-मंत्र जप, ध्यान, यज्ञ और प्राणायाम,
सूर्याघ्य, दीप-...
- कम से कम कितने में गुजारा होगा?...? ७० रुपए अपने लिए रख करके बाकी के सारे विद्यार्थियों के अनुदान में लगा दिए। एक भिखारी आया—उन्होंने कह...
- कम से कम चीज क्या है?...? जबान की नोंक, चमड़े की नोंक, जिससे कि हम सारे के सारे दिन बक- झक करते रहते हैं, गालियाँ देते रहते ह...
- कम-से एक लोटा तो होना ही चाहिए मुँह धोने के लिए और भगवान जी का मुँह इतना छोटा है कि एक चम्मच जल से काम चल जाएगा?...? एक चम्मच में आचमन करा देगा? एक चम्मच में—‘‘पाद्यं समर्पयामि’’—पाद्य धो देगा? एक चम्मच में स्नान करा ...
- कम-से-कम कितने में गुजारा होगा?...? " 70 रुपये अपने लिए रख करके बाकी के सारे विद्यार्थियों के अनुदान में लगा दिए।
एक भिखारी आया, उसन...
- कम-से-कम कितने में यह कार्यक्रम हो सकता है?...? हमने छाप दिया है कि ढाई सौ से चार सौ रुपये तक में बहुत बढ़िया यज्ञ हो सकता है, आयोजन हो सकता है। ...
- कमजोर जिन्दगी जियेगा?...? कौन पसन्द करेगा? और ऐसी जिन्दगी कौन पसन्द करेगा? जो बीमारियों से घिरी हुई हो। बीमारियों से घिरा हुआ ...
- कमजोर होता है ना?...? सन्त वेष धारण करने के पश्चात् हर आदमी को भिक्षा माँगने के लिए जाना पड़ता था, ताकि उसका अहंकार चूर-चू...
- कमजोरियों किसमें नहीं होती हैं?...? हमारा गुरु? एक व्यक्ति है, एक पत्थर है, किन्तु एकलव्य के तरीके से हमने उसे भगवान बना दिया है। यह है ह...
- कमर तो झुक गयी होगी?...? आँख में चश्मा तो लगाते होंगे? उनके बुढ़ापे का कोई तो फोटो होगा? नहीं महाराज जी! कोई फोटो नहीं है। बेट...
- कमाइए, खाइये, सरकार से क्या मतलब?...? आपके अन्दर योग्यता है, क्षमता है, तो आपको वजीफा मिलेगा और वजीफा के द्वारा आप ज्यादा उन्नतिशील बन सके...
- कमाऊ हीरे मोतियों से लदें और बिना कमाऊ चीथड़े लपेटकर घूमें, तो यह संयुक्त परिवार कहाँ रहा?...? यह समूचा समाज एक परिवार है। उसके वरिष्ठों को कनिष्ठों का अधिक ध्यान रखना चाहिए।
अभिभावक स्वयं दूध न...
- कमाएँगे नहीं तो उत्पादन कैसे होगा?...? दुनिया में चीजें रहेंगी कैसे? लेकिन आपको खरच के बारे में हजार बार सोचना चाहिए और लाख बार सोचना चाहिए...
- कमाने के लिए जाएगा तब घर के सामान का क्या होगा?...? चोरी कोई कर ले जाएगा तब, रखवाली के लिए तो कोई चाहिए न। अगर बच्चे न पैदा करने हो तो बात अलग, बच्चा अग...
- कमाने में तो आप कुछ भी कमा लेते हैं?...? सट्टा मिल जाए तब लाटरी खुल जाए तब जमीन में गड़ा हुआ धन मिल जाए तब, कोई बाप बहुत ज्यादा धन देकर मर जाए...
- कमाल कहाँ से आएगा?...? आपको समझना चाहिए। कमाल कहाँ से आते हैं? कमालों की जड़ कहाँ है? कमालों की जड़ है—मनुष्य की निष्ठा, श्रद...
- कमाल कहाँ से आते हैं?...? कमालों की जड़ कहाँ है? कमालों की जड़ है—मनुष्य की निष्ठा, श्रद्धा और विश्वास। यहाँ से गाड़ी चलती है। इस...
- कमाल हो सकता है तो इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? इसके लिए मेरे ख्याल से आपको एक ट्रेनिंग लेनी चाहिए, छोटी से छोटी चीजों के लिए ट्रेनिंग की जरूरत पड़ती...
- कमालों की जड़ कहाँ है?...? कमालों की जड़ है—मनुष्य की निष्ठा, श्रद्धा और विश्वास। यहाँ से गाड़ी चलती है। इसके बिना आध्यात्मिकता क...
- कमी हुई क्या?...? कमी नहीं हुई। गंगा जहाँ से निकलती थी, गोमुख से, वहाँ से बढ़ी, फिर आगे और बढ़ी और बढ़ी फिर क्या बनी? बेट...
- कमीनेपन को ही प्यार कहते हैं?...? नहीं साहब! यह तो हमारा प्यार है। खबरदार! आइन्दा जो प्यार का नाम लिया तो? तो क्या कहेंगे? जो भी चाह...
- कमीशन किस बात का?...? कमीशन इस बात का कि हमने एक आदमी का क्लेम बीमा कंपनी से जोड़ दिया था और बीमा कंपनी ने हमको एजेंट मान ...
- कम्युनिस्ट तो नहीं हैं बेटे, पर हम कम्युनिस्टों की आवाज में आवाज लगाकर कह सकते हैं कि यह अवांछनीय अध्यात्म जो आज हर जगह फैल गया है, अगर यह नष्ट होता है, तो आपको दुःख है?...? नहीं, मुझे प्रसन्नता है। आपका ये अखण्ड कीर्तन बन्द हो जाए तो आपको नाराजगी है? नहीं मुझे कोई नाराजगी न...
- कर भी क्या सकते थे?...? यह जो हमारा मन है, यह ऐसा बेईमान, बदमाश, दुष्ट, दुराचारी, अन्यायी-अत्याचारी नौकर और साथी है, जो बेका...
- कर लिया है या कई भाषाएँ पढ़ ली हैं तो कौन भी नई बात हुई?...? कोई खास बात नहीं है। मित्रो! उनके अन्दर क्या विशेषता है? उनकी दृष्टि, उनका चिन्तन, उनकी मान्यताएँ, उनक...
- कर सकते हैं?...? जरूर कर सकते हैं। आप मान्धाता तो नहीं है, लेकिन उसके बनाने में कुछ तो कर ही सकते हैं, इसके निर्माण म...
- करके दिखाइये न आप जरा?...? झण्डा तो हमारा है, हम चाहे जो करेंगे? आपका है, तो करके दिखाइये? पुलिस आ जाएगी और आपकी रिपोर्ट कर दें...
- करते हैं कि नहीं करते?...? जरा दरद होने दे, फिर मुँह पर होगा—अरे मैया मर गया, मर गया। यही करते हैं न? और सुख में जब सब ठीक होता...
- करना क्या चाहिए?...? करना ये चाहिए - कल के परिणामों पे हम ज्यादा विचार करें, और आज (के) अपनी गतिविधियों का निर्धारण इस तर...
- करना क्या पड़ेगा?...? आपको ज्यादातर उनके सम्पर्क में रहना पड़ेगा। आपको उनसे दूर नहीं रहना चाहिए। नेता और जनता के बीच जो खा...
- करना क्या है और कराना क्या है?...? इन दोनों प्रश्नों के उत्तर में एक ही जवाब है कि हमको अपनी दृष्टि का परिशोधन करना है। स्वयं का प्रश्न...
- करना क्या है?...? कैसे करना है? इसका प्रसंग उन्होंने अपनी वाणी में समझा दिया। इसका विवरण बताने का आदेश नहीं है। जो कहा...
- करना क्या होगा?...? हमने आपको गायत्री मंत्र सिखाया था और उसके साथ-साथ नई बात सिखाई थी। उस पर आपने आज तक ध्यान ही नहीं दि...
- करने दो, उससे क्या मतलब?...? बेटे! उनका लक्ष्य ऊँचा है। उन्होंने जब जो संकल्प लिया, उसे पूरा किया। स्वतंत्रता संग्राम में उन्होंन...
- करा देना और हर एक के लिए बीस?...? बीस हजार रुपए छोड़कर मरना। इससे क्या हो जाएगा? कुछ भी नहीं होगा। सब चौपट हो जाएगा। विचार परिवर्तन अनि...
- कराना क्या है और बनाना क्या है?...? मित्रो! आप सिर्फ यह ध्यान रखिए कि हमको मनुष्य का चिन्तन, मनुष्य की दृष्टि और मनुष्य की निष्ठाएँ, इनका...
- कराना क्या है और बनाना क्या है?...? मित्रो! आप सिर्फ यह ध्यान रखिए कि हमको मनुष्य का चिन्तन, मनुष्य की दृष्टि और मनुष्य की निष्ठाएँ, इनका...
- करामात आ जाएगी?...? करामात आ जाएगी? काहे का जलाते हैं? हम तो घी का जलाते हैं। जला लीजिए। तेल का जलाते हैं, तो आप जला लीज...
- करुणा का कहीं अन्त होता है?...? किन्तु उसके साथ स्वच्छता की, पात्रता की आवश्यकता है। क्षुद्रता की, पाप की गठरी हमारे सिर पर रखी है। ...
- करुणा किसे कहते हैं?...? करुणा उसे कहते हैं, जो पीड़ितों को देखकर रो पड़ता है। जो पिछड़े हुए को देखकर रो पड़ता है। रो पड़ने वाला क...
- करुणा किसे कहते हैं?...? जिसको हम सेवा कहते हैं, उदारता, परमार्थ कहते हैं। भगवान ने ये अपेक्षा की इनसान से कि वह निष्ठुर, कृप...
- करुणा किसे कहते हैं?...? जिससे दूसरे व्यक्ति के दुःख तकलीफ को देखकर द्रवित हो जाए। उसे विवेकशील कैसा होना चाहिए? उसे विवेकशील...
- करुणा के रूप में भगवान?...? हाँ करुणा के रूप में भगवान। वाल्मीकि ने एक बहेलिये के तीर से क्रौंच पक्षी को घायल देखा। क्रौंच पक्षी...
- करुणा भी किसी के अन्दर है क्या?...? दरद भी किसी के अन्दर होता है क्या? सम्वेदनाएँ भी किसी के अन्दर हैं क्या? दूसरों से सहानुभूति रखने वाले ...
- करुणा है तेरे भीतर?...? करुणा है नहीं और सवाल पूछता है भगवान से। करुणा किसे कहते हैं? करुणा उसे कहते हैं, जो पीड़ितों को देखक...
- करेंट किसे कहते हैं?...? बेटे! अगर करेंट को देखना चाहते हैं, तो मैं उसे स्पार्क के रूप में दिखा सकता हूँ। करेंट दिखाई तो नहीं...
- करोड़ों की जायदाद खरीदकर रख गए थे?...? तो फिर कुंती का बेटा, देवता का बेटा कौन होता है? क्या वह जिसके पास मोटरें हों, जिसके पास दौलत हो, जि...
- करोड़ों रुपया कहाँ से इकट्ठा हो रहा है?...? आप अपने यहाँ देख लीजिए न? निगाहें फेंकिए, आपको मालूम पड़ जाएगा कि पहले ये क्या थे और साल-दो-साल के ...
- कर्ज कौन अदा करेगा?...? या तो बेटा करेगा या बाप करेगा। या तो शिष्य स्वयं ही भोगे यदि स्वयं भोगने में सक्षम नहीं है और गुरु क...
- कर्ण सोचने लगे—मेरे दरवाजे पर से कोई आदमी अब तक खाली नहीं गया और ये अन्तिम समय कोई आया है, तो इसे लौटा कैसे दूँ?...? मेरी शरण बिगड़ती है। अन्तिम समय पर एक साधु आया हुआ है, उसको मना कैसे कर दूँ कि हमारे पास कुछ नहीं है ...
- कर्तव्यों के साथ में बँधे कहाँ हैं आप?...? आप यहाँ एक महीने रह करके पुनः विचार कीजिए और अपनी स्थिति को साफ कीजिए। संसार के साथ जो आपके ताल्लुका...
- कर्तव्यों को पीछे धकेल दिया गया और अधिकारों को चौगुना-सौगुना कहकर जताया जा रहा है और भी न जाने कहाँ-कहाँ क्या-क्या अनर्थ हो रहा है?...? पर यह सूझ नहीं पड़ता कि इनका निराकरण कौन करेगा? कैसे करेगा? यह तथ्य हजार बार समझा और लाख बार समझाया ...
- कर्म का मतलब यह होता है कि हमारे फर्ज क्या कहते हैं?...? फर्जों को निभाने में हमें या दूसरे आदमियों को नुकसान उठाना पड़ता है, तो पड़े। अर्जुन से भगवान यही तो क...
- कर्म की वजह से हम आपके स्थूलशरीर के बारे में यह फैसला करेंगे कि आपका स्तर क्या है?...? और आपकी वकत क्या है? आपकी औकात क्या है? स्थूलशरीर का वजन और वकत जो ली जाती है, वह उसके कर्मों के आधा...
- कर्म की वजह से हम आपके स्थूलशरीर के बारे में यह फैसला करेंगे कि आपका स्तर क्या है?...? और आपकी वकत क्या है? आपकी औकात क्या है? स्थूल शरीर का वजन और वकत जो ली जाती है, वह उसके कर्मों के आध...
- कर्म कैसे बने?...? उसके विचार करने का क्रम क्या है? काम करने की शैली क्या है? उसका रहन-सहन क्या होता है? उसको कैसे सुधा...
- कर्म क्या हैं?...? उसको हम यज्ञोपवीत कहते हैं, जो हमारे कन्धे पर रखा हुआ है। कर्म हमारे कन्धे पर रखा हुआ है। कर्म करने की...
- कर्म से क्यों नहीं?...? कर्म से आदमी ब्राह्मण होना चाहिए, कर्म से शूद्र होना चाहिए। लेकिन लोग जन्म से मानने लगे हैं। ये कैसी...
- कर्मकाण्ड छिलका हैं?...? हाँ बेटे! छिलका उसकी हिफाजत के लिए बना है, ताकि उसके अन्दर की गिरी-गोला खराब न हो जाय। इसलिए छिलके की...
- कर्मकाण्ड उपयोगी है?...? कर्मकाण्ड की भी जरूरत है। प्रतीकों की जरूरत है? प्रतीकों की भी जरूरत है; लेकिन प्रतीक मूल्यवान तब हो...
- कर्मकाण्ड क्या है?...? कर्मकाण्ड यह है कि जो चीजें हमारे पास हैं, उसको हम अपने लिए ही इस्तेमाल न करें, वरन् समाज के लिए बाँ...
- कर्मकाण्ड क्या होते हैं?...? कर्मकाण्ड कहते हैं—माला जपने को। कर्मकाण्ड कहते हैं—प्राणायाम को। कर्मकाण्ड कहते हैं—मंत्र के उच्चार...
- कर्मकाण्ड भर से आप वैकुण्ठ कैसे चले जाएँगे?...? नाक में से हवा निकालेंगे और कान में उँगली डालेंगे। ग्यारह माला लकड़ी की घुमाएँगे और तीन माला रुद्राक...
- कर्मकाण्ड, जिसके पीछे हम पागल हैं और जिसके बारे में हमने यह ख्याल बनाकर रखा है कि यह छोटा सा कर्मकाण्ड कितने वरदान ले करके आया है?...? दुनिया में क्या-क्या चीजें लेकर के आया है? अगर आपको यह पता होता कि कर्मकाण्ड इतनी चीजें ले करके आ सक...
- कर्मकाण्डों का, क्रिया का, हवन का क्या उद्देश्य है?...? क्यों इसमें घी डाली जाती है? क्यों लकड़ी डाली जाती है? क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती है...
- कर्मकाण्डों का, क्रिया का, हवन का क्या उद्देश्य है?...? क्यों इसमें घी डाली जाती हैं? क्यों लकड़ी डाली जाती है? क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती ह...
- कर्मकाण्डों की आप क्यों मजाक उड़ाते हैं?...? इसलिये कि जब लोग केवल कर्मकाण्ड को ही सब कुछ समझ लेते हैं, तब मुझे मजाक उड़ानी पड़ती है। अगर लोग इस बा...
- कर्मकाण्डों की आप निन्दा करते हैं?...? बेटे हम बहुत निन्दा करते हैं कर्मकाण्डों की और हम तो मजाक उड़ाते हैं और ना जाने क्या-क्या कहते हैं? क...
- कर्मकाण्डों की क्या प्रेरणाएँ हैं, क्या शिक्षाएँ हैं, क्या दिशाएँ हैं?...? हम जल चढ़ाते रहते हैं—‘‘पाद्यं समर्पयामि, स्नानं समपर्यामि, अर्घ्यं समर्पयामि।’’ इनका क्या मतलब है? ब...
- कर्मकाण्डों की जरूरत है?...? बेशक, लेकिन केवल कर्मकाण्ड लेकर के आप चल रहे होंगे तो आपको निराशा होगी। केवल कर्मकाण्डों पर आपको विश...
- कर्मकाण्डों के प्रति आपकी आस्था को मैं क्यों कम करूँगा?...? आपके मन को क्यों डगमगाऊँगा और यह कहूँगा कि फेंक दो माला? न, मैं नहीं कह सकता।मित्रो! माला मेरे प्र...
- कर्मचारी बन गए तो क्या?...? यहाँ तो ड्रामा है। हम सब यहाँ नौकर हैं, तुमको भी सवा सौ मिलते हैं और हमें भी सवा सौ मिलते हैं। ह...
- कर्मयोग का जवाब यह है कि आपको करना क्या है?...? यह तो केवल विचार हुआ? ज्ञान कहते हैं विचार करने को और कर्मयोग कहते हैं काम करने को। काम करने में क्य...
- कर्मयोग का जवाब यह है कि आपको करना क्या है?...? यह तो केवल विचार हुआ। ज्ञान कहते हैं—विचार करने को और कर्मयोग कहते हैं—काम करने को। काम करने में क्य...
- कर्मयोग किसे कहते हैं?...? इस सम्बन्ध में हमने आपको एक बात यह बतायी थी कि काम को कर्मयोग में बदल देने के लिए थोड़े से सिद्धान्...
- कर्मयोग में आदमी की आसक्तियाँ और मोह कटते जाते हैं और उसे यह दिखाई देने लगता है कि हमें क्या चाहिए?...? हमारे में कमाने का माद्दा है, लेकिन कमाने के माद्दे की सार्थकता तब है, जब इसे किसी अच्छे काम में ल...
- कर्मयोग में भगवान् ने यह बताया है कि आप यह मत देखिए कि उसमें फायदा हुआ कि नहीं?...? हमने जो चाहा था, वह मिला कि नहीं मिला? मिलना, न मिलना आपके हाथ की बात नहीं है। यह परिस्थितियों और ...
- कर्मों के फल प्राप्त करने के लिए कोई माध्यम नहीं है क्या?...? जिन कर्मों का फल इस जन्म में नहीं मिल सका, उनके लिए ईश्वर के दरबार में कोई व्यवस्था नहीं है क्या? सद...
- कर्वे ने पूछा-पुरुष में ऐसी क्या बात है जो कई बार विवाह करने पर भी अपवित्र नहीं होता?...? उन सज्जन को कोई उत्तर देते न बन पड़ा।...
- कल (की) शानदार होने के लिए आज आपको क्या करना होगा?...? एक ही बात करनी पड़ेगी - आप अपने प्रत्येक क्रियाकलाप में इस बात का समावेश करें, कि हमारा कल, भविष्य कि...
- कल का भविष्य खराब कर लिया ना?...? उस बेचारे का कल क्या होने वाला है? बिना पढ़ा रह जाएगा, हर साल फेल होता रहेगा, बच्चों में बेवकूफ और बु...
- कल के बारे में कोई नहीं जानता कि बढ़ी हुई जनसंख्या का कल क्या परिणाम होगा?...? आज की आपाधापी जिस तरीके से मनुष्य को हैरान और परेशान करने पर तुली हुई है, उसके परिणाम क्या होंगे? ...
- कल के शानदार होने के लिए आज आपको क्या करना पड़ेगा?...? एक ही बात करनी पड़ेगी कि आप अपने प्रत्येक क्रिया कलाप में इस बात का समावेश करें कि हमारा कल—भविष्य कि...
- कल क्या करना पड़ेगा?...? आज आपने जो नौकरी या खेती-बाड़ी की है उसका मतलब यही तो है कि आपको कल का गुजारा करने के लिए ठीक मिलेगा।...
- कल खिला देंगे?...? कल भी खिला देंगे। महीने भर खिला देंगे? महीने भर भी खिला देंगे; पर तेरी जिन्दगी इससे नहीं कटेगी—ये ध्...
- कल जो हमने सिनेमा देखा, रात भर हमारे मन में यह ख्याल आता रहा कि हेमामालिनी से अगर हमारी शादी हो जाती, तो कितना अच्छा होता, तो रात को हेमामालिनी से शादी हुई कि नहीं हुई?...? शादी तो नहीं हुई। बाजार से हम उसका एक फोटो खरीद लाए।
वह चित्र हमारे कमरे में टँगा हुआ है, तो क्य...
- कल परसों हमको मरना पड़ेगा, इस बात को अगर आदमी ने याद रखा होता, तो गुनाहों और पापों के गट्ठर, जो हमारे सिर पर जमा हो गये हैं, क्यों हो जाते?...? कल मरना है हमको। बाबा! परसों तो हमको मरना ही है। हमारी लाश और हमारी चिता इंतजार करती है। ये ख्वाब अग...
- कल मैं आपको थ्योरी समझा रहा था कि गायत्री मंत्र का हमारे जीवन क्रम में क्या सलूक होना चाहिए और हमारे जीवन में गायत्री का समावेश कैसे होना चाहिए?...? हमारे चिन्तन से गायत्री का क्या ताल्लुक होना चाहिए। यह समझाते हुए मैंने कल दो बातें पूरी करने की क...
- कल मैं आपको यह समझा रहा था कि आपकी आस्तिकता, ईश्वर विश्वास क्या है?...? यह इस मायने में है कि भगवान हर जगह समाया हुआ है, इसलिए हमको छिपकर कोई काम नहीं करना चाहिए। और हमको...
- कल मैं आपको वृक्षारोपण की असफलता के कारण गिना रहा था?...? जिसमें पहला कारण है—बीज। बीज को पेड़ के रूप में विकसित करने के लिए, फलदार बनाने के लिए अच्छे-से-अच्छा...
- कल मैं क्या कर रहा था?...? तप की व्याख्या कर रहा था। आज आप क्या कर रहे हैं? आज मैं योग की व्याख्या कर रहा हूँ, क्योंकि भगवान को...
- कल मैं क्या कर रहा था?...? तप की व्याख्या कर रहा था। आज आप क्या कर रहे हैं? आज में योग की व्याख्या कर रहा हूँ, क्योंकि भगवान को...
- कल हम उसको पूरा कर देंगें, बस फिर क्या हो जाएगा?...? बहुत अच्छा हो जाएगा, बहुत अच्छा हो जाएगा। आप जीवन की रीति-नीति को प्रातःकाल जिस तरीके से आपने आज की ...
- कल हमने आपको अनुदानों की एक किश्त के बारे में जानकारी कराई थी, कि प्राणधारा का संचार प्राप्त करने के लिए दैवीय शक्तियाँ आपकी क्या सहायता कर सकती है?...? उसके तीन लाभ हैं—एकलाभ है उसका—जीवनी शक्ति, दूसरा लाभ है उसका—साहसिकता, तीसरा लाभ है उसका—प्रतिभा। य...
- कल हमने आपको बतलाया था कि मन को काबू में कर लेने के बाद भगवान का ध्यान कैसे करना चाहिए?...? गायत्री माता का ध्यान कैसे करना चाहिए? उन्हें बार-बार घूम-घूमकर देखना होगा, ताकि आपका इधर-उधर भागने ...
- कल-कारखानों का पर्वताकार उत्पादन, सर्जरी-अङ्ग प्रत्यारोपण जैसी
सुविधाएँ भूतकाल में कहाँ थीं?...? कहा जा सकता है कि विज्ञान ने पौराणिक विश्वकर्मा
को कहीं पीछे छोड़ दिया है।बुद्धिवाद की प्रगति भी ...
- कल-कारखानों का पर्वताकार उत्पादन, सर्जरी-अङ्ग प्रत्यारोपण जैसी सुविधाएँ भूतकाल में कहाँ थीं?...? कहा जा सकता है कि विज्ञान ने पौराणिक विश्वकर्मा को कहीं पीछे छोड़ दिया है।बुद्धिवाद की प्रगति भी कम ...
- कल-परसों एक अधिकारी आए उन्होंने कहा माताजी क्या खर्च होगा?...? भई मुझे तो कुछ मालूम नहीं खर्चा कितना हुआ और कितना होगा? क्या, आपको नहीं मालूम? बेटा मुझे एक ही मालू...
- कलकत्ता (कोलकाता) जा रहे थे तो फिर आपने बंबई (मुंबई) का टिकट क्यों लिया?...? आपने गलती कर दी। अब आप स्टेशन बाबू से कहिए कि साहब! हमको कलकत्ता (कोलकाता) का टिकट दीजिए। अगर आपने ब...
- कला किसे कहते हैं?...? कला कहते हैं बाजीगरी को। बच्चे क्या दिखाते हैं? कला दिखाते हैं। ओ हो क्या नाचते हैं। कभी कहते हैं कि...
- कलाई चलती है?...? नहीं हिम्मत चलती है। इसलिए जो कुछ भी दिया होगा, मैं समझता है देवताओं ने अर्जुन को तो क्या दिया होगा?...
- कलाई में दरद हो रहा है या कलाई नहीं होगी तो तलवार क्या काम करेगी?...? कलाई में दरद हो रहा है तो भी तलवार चला, हमने तुझे २५० रुपए की तलवार दी है। अरे साहब! तलवार कौन उठाएग...
- कलायें क्या हैं?...? ‘हार्सपावर’ हैं। इसका मतलब है कि अमुक अवतार कितने ‘हार्सपावर’ के थे। नहीं साहब! ‘हार्सपावर’ की तो ...
- कलेक्टर की चिट्ठी कलर्क लिखता है, पर जब तक उस पर कलेक्टर के दस्तखत नहीं होते, उसकी क्या कीमत?...? जब हम दस्तखत करेंगे, तभी तो उसकी कीमत होगी।
वह तो बस माँ थींवात्सल्य इतना था कि अपनी माँ भी क्या ध्...
- कलेक्टर को पता चला कि डाक लाने वाले आचार्य कृपलानी हैं तो उसने पूछा-आप सेक्रेटरी होकर डाक लाते हैं?...? इस पर कृपलानी ने कहा-मैं सेक्रेटरी नहीं मैं तो बापू का चपरासी हूँ। कलेक्टर यह सुनकर स्तब्ध रह गया। (...
- कलेजा है आप में?...? हृदय है आप में? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं...
- कलेजा है आप में?...? हृदय है आप में? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं ह...
- कलेवर कमाल करता है?...? हाँ, कलेवर की जरूरत है बेटे! कलेवर की तो आप निन्दा करते हैं। बेटे! मैं कहाँ निन्दा करता हूँ कलेवर की...
- कलेवर का अध्यात्म कैसा होता है?...? अध्यात्म बेटे, सिद्धान्तों-आदर्शों का नाम है, हिम्मत का, बहादुरी का नाम है और श्रेष्ठता को जीवन में ध...
- कलेवर कितनी कीमत का है?...? किसी कीमत का नहीं है। यह बेकार जैसा है, लिफाफा जैसा है। अँगूठी के लिए आप सुनार के पास जाइए। वह आपको ...
- कलेवर कितनी कीमत का है?...? किसी कीमत का नहीं है। यह बेकार जैसा है, लिफाफा जैसा है। अँगूठी के लिए आप सुनार के पास जाइए। वह आपको ...
- कलेवर के पीछे जो प्राण भरा हुआ है, वह क्या भरा हुआ पड़ा है?...? वह ईश्वर का विश्वास भरा हुआ पड़ा है। ईश्वर का विश्वास अलग चीज है और पूजा अलग चीज है। यह सम्भव है कि...
- कल्चर क्या होता है?...? कल्चर कहते हैं—हमारी विचारणाएँ, हमारी आस्थाएँ, हमारी मान्यताएँ, हमारी इच्छाएँ और आकांक्षाएँ इस तरह क...
- कल्प आखिर है क्या?...? जिसके लिए हमने आपको यहाँ बुलाया है। कल्प का अर्थ होता है—परिवर्तन। आपको बदलने का हमारा मन है। आप यदि...
- कल्पना न होती, तो इतने तरह के फर्क कैसे हो जाते?...? अगर दुनिया में हजारों भगवान होंगे, तो मुश्किल आ जाएगी। भगवान एक है, अनेक भगवान नहीं हैं। फिर दुनिया ...
- कल्पनाओं की कोई औकात है?...? कल्पनाओं की-इच्छाओं की कोई कीमत नहीं है। हम ही हैं हमारे भाग्य विधाता मित्रो! हर चीज की कीमत...
- कल्पनाओं की कोई कीमत है?...? कल्पनाओं की कोई औकात है? कल्पनाओं की-इच्छाओं की कोई कीमत नहीं है। हम ही हैं हमारे भाग्य विधात...
- कल्पवृक्ष किसे कहते हैं?...? उसे कहते हैं जिसके नीचे बैठकर हर चीज, हर मनोकामना पूर्ण हो जाती है। देवता की हर मनोकामना पूरी हो ज...
- कल्पवृक्ष की छाया में बैठने के बाद, उससे वापस लौटने का मन भला किसका होगा और क्यों होगा?...? इस सन्दर्भ में आश्चर्यचकित होने वालों ने यहाँ विशेष रूप से अपनाई गई ‘योगविद्या’ को महत्त्व दिया है औ...
- कल्याण हमारा कहाँ है?...? लाभ कहाँ है? कल्याण को देखने की दृष्टि अगर हमारी पैदा हो जाए, तो हम यह कह सकते हैं कि हमने शिव भगव...
- कल्याण हमारा कहाँ है?...? सुख हमारा कहाँ है? लाभ नहीं, वरन् कल्याण हमारा कहाँ है? कल्याण को देखने की अगर हमारी दृष्टि पैदा हो ...
- कषाय हमारे कहाँ हैं और कल्मष हमारे कहाँ हैं?...? मल हमारे कहाँ हैं? आवरण हमारे कहाँ हैं और विक्षेप हमारे कहाँ हैं। आदर्शों की आग में तपने का नाम है...
- कष्ट किस बात का?...? किसी बात का कष्ट नहीं है। संख्या नहीं गुणवत्ता हो अपना मानक मित्रो! कष्ट बस एक ही बात का है कि मनु...
- कष्ट कैसे उठा पाते?...? हर आदमी तो माल मारने के लिए, भगवान् जी के मन्दिरों में फोकट का प्रसाद पाने के लिए, घूमता रहता है। त्...
- कष्ट, दुःख और असुविधाएँ कैसी होती हैं?...? उन असुविधाओं को, उनकी पीड़ाओं को बँटाने के लिए मैं एक कदम आगे बढ़ा सकूँ। कोई लोक नहीं है स्वर्ग मित्...
- कष्टमय जीवन जियेगा क्यों?...? त्याग करने के लिए तैयार होगा क्यों? संयम और सदाचार का जीवन व्यतीत करने के लिए अपने आपसे जद्दोजहद क...
- कसरत करने से क्या लाभ?...? उस व्यक्ति ने उत्तर दिया-क्या आपका यह मतलब है जिस परमात्मा ने हमें स्वस्थ पैदा किया उसके पास अस्वस्थ...
- कसाई की दुकान भी खोले रहेंगे और बैठे-ठाले जब कभी फुर्सत का वक्त हो गया, तो कभी राम कह दिया, कभी क्या कह दिया, कभी क्या कह दिया?...? और सीधे मुक्ति मिलती चली जाएगी? नहीं, ऐसा नहीं हो सकता। आपने जितनों के नाम गिनाये हैं, जरा उनकी जिन्...
- कसूर किसका है?...? सिर्फ एक ही कमी है, वह है आदमी का दर्शन। वह कमजोर हो गया है।आज आदमी की सभ्यता सिर्फ एक है। उसका नाम ...
- कसूर किसने किया?...? धोबी ने। सजा सीताजी को हो गयी। रामचन्द्रजी मिलेंगे, तो हम शिकायत करेंगे और ये कहेंगे, आपने गैरमुनासि...
- कस्तूरी की जहाँ-तहाँ तलाश करने वाले हिरन को और क्या मिलता है?...? सिवाय निराश के, तो आपको क्या मिलेगा? आप छाया के पीछे, माया के पीछे बेतहाशा दौड़ रहे हैं और आपको अब तक...
- कह नहीं सकता जीवन का समय कितना रह गया हो?...? कह नहीं सकता कोई महत्त्वपूर्ण कार्यक्रम और हो। यह नहीं पूछा कि मुझे आगे क्या करना पड़ेगा? मैं मानता ह...
- कह नहीं सकते कि आज हमारे लिए सब कुछ अच्छा है, लेकिन कल क्या होगा?...? कौन जानता है। अभी हमारा दिल धड़क रहा है, कल हमारी मौत आ जाय, कौन जानता है? मित्रो! उस राजा को...
- कह भी रहा था ‘असीयम भोक्तुं भैक्ष्यमपीह लोके’ मैं तो भीख माँग करके भी खा सकता हूँ, दुकान करके भी खा सकता हूँ, नौकरी करके भी खा सकता हूँ, पेट भर सकता हूँ - फिर मैं क्यों लड़ूँगा?...? नहीं, उन्होंने कहा - ये आपत्तिकाल है, आपत्तिकाल के धर्म विशेष होते हैं।...
- कह भी रहा था ‘‘श्रेयो भोक्तुं भैक्ष्यमपीह लोके’’—मैं तो भिक्षा माँग करके भी खा सकता हूँ, दुकान करके भी खा सकता हूँ, नौकरी करके भी खा सकता हूँ, पेट भर सकता हूँ, फिर मैं क्यों लड़ूँगा?...? भगवान ने कहा—यह आपत्तिकाल का धर्म निभाने के लिए अर्जुन को तैयार किया गया और वह भगवान का कहना मान करक...
- कह रहा हूँ?...? बेटे मैं यह कह रहा हूँ कि वस्तुओं के माध्यम से—कर्मकाण्ड के माध्यम से आपने जो लम्बे-चौड़े सपने देखे ह...
- कहते थे कि आचार्य जी से पूछना, उनके पास टाइम है क्या?...? जिस तारीख को मिलेंगे, उसी तारीख को मैं आऊँ। एक दिन- पूरे दिन हम बात करते थे। पूरे छः- सात घण्टे उ...
- कहते थे, ‘‘कब, मातृ शक्ति का उद्धार होगा?...? ’’ उनके साहित्य में भी उनकी यह पीड़ा देखने को मिलती है।गोष्ठियों में अक्सर भाइयों को डाँट पिलाते थे, ...
- कहते हैं तू कौन होती है?...? ये मेरे भाई की कमाई है, इसमें मेरा हक है। इन पाँच बच्चों का क्या होगा? वह मायके जाती है, तो उससे कहा...
- कहते हैं न कि घोड़े की पूँछ बड़ी होगी, तो क्या करेगा?...? अपनी मक्खी मारेगा और क्या करेगा।
माला लेकर के बैठ जाइए स्वर्ग-मुक्ति मिल जाएगी। हाँ, चले जाइए। तो ...
- कहने का आपने अभ्यास किया है कि नहीं और आप कह पाते हैं कि नहीं?...? सर्कस वाले जो आदमी होते हैं, वे सीखकर आते हैं। जो लोग सर्कस देखने जाते हैं, वे यह देखते हैं कि किस...
- कहने का सारांश इतना ही है, आप नित्य अपनी अन्तरात्मा से पूछें कि जो हम कर सकते थे, उसमें कहीं राई-रत्ती त्रुटि तो नहीं रही?...? आलस्य-प्रमाद को कहीं चुपके से आपके क्रिया-कलापों में घुस पड़ने का अवसर तो नहीं मिल गया? अनुशासन में ...
- कहने को तो हर कुंजड़ी अपने बेरों को मीठा बताती है, पर कथनी पर विश्वास न करने वालों द्वारा उपलब्धियों का जब लेखा-जोखा लिया जाता है, तब प्रतीत होता है कि कौन कितने पानी में है?...? सही क्रिया, सही लोगों द्वारा, सही प्रयोजनों के लिए अपनाए जाने पर उसका सत्परिणाम भी होना चाहिए। इस आध...
- कहने दीजिए, इसमें आपको क्या एतराज होना चाहिए?...? अवतारी ही हैं। अरे मैं तो यह कहूँगी कि हर व्यक्ति ही अवतारी है। हर व्यक्ति के अन्दर चेतना है, शक्ति ...
- कहने दीजिए, इसमें आपको क्या एतराज होना चाहिए?...? अवतारी ही हैं। अरे मैं तो यह कहूँगी कि हर व्यक्ति ही अवतारी है, हर व्यक्ति के अन्दर चेतना है, शक्ति ...
- कहने वालों को तो क्या किया जाए?...? जिसके मुँह में पायरिया, पेट में अल्सर और आहार में लहसुन घुसा होता है। इनकी साँस में दुर्गन्ध ही उठती...
- कहा कि जहर से क्या डरना है, जहर भी कोई चीज होती है?...? देखा जाएगा, अपने अन्दर ताकत है, तो हम जहर को भी अमृत बना सकते हैं।
आपने शंकर जी की मूर्ति देखी है न...
- कहा भगवान और अर्जुन और कहा आप सूत के बेटे, दासी के बेटे?...? भला आप क्या कर सकते है? देखिए अर्जुन सहित पाँचों पाँडव संगठित है। वे मालिक है और आप नौकर है। आपका और...
- कहा, ‘‘गुरुदेव कैसे होगा?...? मैंने तो कभी कलम नहीं चलाई।’’ वे बोले, ‘‘हो जाएगा और उस दिन से शक्ति प्रवाह ऐसा बरसा कि खूब कलम चलने...
- कहा, ‘‘तुझे क्या मालूम ब्रश कहाँ रखना है?...? पानी कहाँ फेंकना है। तुझे क्या मालूम? तू बैठ।’’ इस प्रकार वे अपना काम स्वयं ही करते थे। किसी की सेवा...
- कहा, ‘‘पूछो, वहाँ क्या हो रहा है?...? ’’ जवाब मिला-‘‘गुरुदेव अभी-अभी प्रवचन से आए हैं व भोजन करने बैठे हैं।’’ कार्यकर्ता सुन कर हतप्रभ रह ...
- कहाँ अलग हो सकते हैं?...? आपने उन्हें मिला जो दिया। अब वे अलग नहीं हो सकते। दोनों एक हो गए। भगवान के साथ जब जीवात्मा मिल जाएगा...
- कहाँ आफत में आ गए?...? विचार करने लगे कि अब किधर चलें? खाना न मिले तो कोई हर्ज नहीं, पर पानी तो मिलना ही चाहिए। पानी की तला...
- कहाँ आफत में आ गए?...? विचार करने लगे कि अब किधर चलें? खाना न मिले तो कोई हर्ज नहीं, पर पानी तो मिलना ही चाहिए। पानी की तला...
- कहाँ उँगली रखनी है?...? एक नंबर पर, पाँच नंबर पर, सात नंबर आदि। बस, अभ्यास करो। इस तरह संगीत सिखा देते हैं।
मित्रो! मैं ...
- कहाँ करता है तू भजन?...? एक घण्टा भजन करता हूँ। अभागे! तू एक सेकेण्ड भी भजन नहीं करता।भजन उसको कहते हैं जो सिद्धान्तों को जीव...
- कहाँ कराया हुआ है?...? बहुत बड़ी बैंक के साथ कराया हुआ है, जिसको आप हमारे गुरुदेव के रूप में जानते हैं। शक्ति कहाँ से आती ह...
- कहाँ का भाई, किसका भाई?...? दो लकड़ी के पीस थे, न जाने कहाँ से बहते हुए चले आ रहे थे? गंगा का जल गंगोत्तरी से बहकर कोलकाता तक चल...
- कहाँ की थी उन्होंने साधना?...? पहले स्कूल में विद्यार्थी रहे। विद्या प्राप्त करके थोड़े दिन वे रामकृष्ण परमहंस के पास रहे। फिर उन्ह...
- कहाँ के हैं?...? जो जिस जगह का है, उस जगह का आप विस्तार कीजिए। आपको विस्तार करना पड़ेगा। आप इसीलिए वहाँ भेजे गए हो और...
- कहाँ खण्डन करता हूँ?...? आप तो समझते नहीं हैं। आप जप करेंगे, तो ये तो हैं नहीं कि उसमें से श्रद्धा को निकाल देंगे और केवल कर्...
- कहाँ खारा है?...? देखो! कहाँ खारा है?’’ और, उन्होंने सबको थोड़ा-थोड़ा पानी पीने के लिये दिया। सबने पानी पिया और सब हैरान...
- कहाँ खो गये?...? बिल्ली क्या कर रही थी? म्याऊँ-म्याऊँ। क्या कर रही थी? तलाश कर रही थी। हमारे बच्चे कहाँ चले गए? बच्चो...
- कहाँ खड़े हो गए?...? वकालत करने के लिए। किसकी वकालत करने के लिए? काँग्रेस की वकालत करने के लिए और आजादी की वकालत करने क...
- कहाँ खड़े हो गए?...? वकालत करने के लिए। किसकी वकालत करने के लिए? कांग्रेस की वकालत करने के लिए और आजादी की वकालत करने के ...
- कहाँ गए थे?...? दर्शन करने गए थे? किसका दर्शन करने गए थे? साहब! बदरीनाथ का दर्शन करने गए थे। तो कर लिया दर्शन? हाँ स...
- कहाँ गए थे?...? साहब! मंशा देवी पर गए थे। अच्छा! मंशा देवी पर क्या किया? मंशा देवी से अपनी मनोकामना पूरी कराने के लि...
- कहाँ गए थे?...? दर्शन करने गए थे? किसका दर्शन करने गए थे? साहब! बद्रीनाथ का दर्शन करने गए थे। तो कर लिया दर्शन? हाँ ...
- कहाँ गया चोर?...? चोर ने देखा कि यह तो बड़ी संख्या आ गई। अब क्या करना चाहिए? घर वाले चिल्ला रहे थे कि चोर को पकड़ो। चो...
- कहाँ गया चोर?...? चोर ने देखा कि यह तो बड़ी संख्या आ गई। अब क्या करना चाहिए? घर वाले चिल्ला रहे थे कि चोर को पकड़ो। चोर ...
- कहाँ गया माल?...? उनकी नाक कुछ ऐसी तेज बनाई गई है, जैसे गणेश जी की थी। गणेश जी की नाक बड़ी लम्बी थी, सब कुछ पता लगा लेत...
- कहाँ गया माल?...? उनकी नाक कुछ ऐसी तेज बनाई गई है, जैसे गणेश जी की थी। गणेश जी की नाक बड़ी लम्बी थी, सब कुछ पता लगा लेती...
- कहाँ गायब हो गया?...? मेले में गायब हो गया? मेले में तुम कितने आदमी गये थे? दस आदमी। अब कितने हो? नौ। नौ आदमी किस तरह ...
- कहाँ चलना चाहिए था?...? लेकिन उसने एक मंजिल जरूरी पूरी कर ली कि व्यक्ति के अन्दर जो शक्तियाँ भरी पड़ी हैं, उन शक्तियों को बढ़...
- कहाँ चली गई है सीता?...? कहाँ चली गई है? बेटे! तलाश करते फिरे। कौन? रामचन्द्रजी। हम आपको तलाश करने के लिए, पुकारने के लिए कहत...
- कहाँ चली गई है?...? बेटे! तलाश करते फिरे। कौन? रामचन्द्रजी। हम आपको तलाश करने के लिए, पुकारने के लिए कहते हैं। आप अपनी स...
- कहाँ चलूँ महाराज जी?...? उस पहाड़ की चोटी पर चल, वहाँ से मैं तुझे भगवान जी को दिखा दूँगा। ये जो चार पत्थर हैं, तुझे उनकी सेवा...
- कहाँ चलूँ महाराज जी?...? उस पहाड़ की चोटी पर चल, वहाँ से मैं तुझे भगवान जी को दिखा दूँगा। ये जो चार पत्थर हैं, तुझे उनकी सेव प...
- कहाँ चले गये?...? क्या बात हुई? कोई सन्देश नहीं? उनके देवर चिढ़ाने लगे, ‘‘भाभी! भैय्या तो बाबा जी बन गये। चिमटा पकड़ लिया...
- कहाँ चूक हो रही है?...? यह ठीक से मालूम नहीं चल पाता। जो भूलें बार-बार होती हैं, उन्हें सुधारने में व अपने गुणों-अवगुणों को ...
- कहाँ चोट लगी है?...? आदि प्रश्नों के उत्तर में वह जो अभिनय करेगा, उससे आपका मनोरंजन तो होगा, परन्तु बच्चे के लिए हितकर नह...
- कहाँ छिप गया?...? झाड़ी में। अब हम इस चक्कर में है कि या तो चीता हमारे हाथ लगे या चीता कहाँ गया है, यह हमें पता चले। इ...
- कहाँ छोड़ा है, बता?...? कहीं नहीं छोड़ा, लेकिन हाँ, वो छोड़ दिया, जो स्वार्थ था।
स्वार्थ से परे हट गए हैं, स्वार्थ उनको डिग...
- कहाँ जा पहुँचेंगे?...? जहाँ से हमको आमदनी मिलती है। आप दान-दक्षिणा माँगते हैं कि नहीं, लेकिन हमने कसम खा रखी है कि किसी के ...
- कहाँ जा रहे हैं साहब?...? ऋषिकेश। कितनी दूर है? १२ मील दूर है। कितना किराया लगता है? २६ रुपये लगते हैं। लक्ष्य निर्धारित हो गय...
- कहाँ जा रहे हैं?...? ऊँचे आदर्श का जीवन जीने जा रहे हैं। अगर पीछे हट गए, तो वह दो कौड़ी का बन जाता है। गृहस्थ जीवन में बच...
- कहाँ जा रहे हो?...? साहब! बदरीनाथ जा रहे हैं। पड़ाव कहाँ पड़ेगा? शान्तिकुञ्ज में। कितने दिन रहेंगे? दस दिन रहेंगे। पड़ाव म...
- कहाँ जा रहे हो?...? साहब! बद्रीनाथ जा रहे हैं। पड़ाव कहाँ पड़ेगा? शान्तिकुञ्ज में। कितने दिन रहेंगे? दस दिन रहेंगे। पड़ाव म...
- कहाँ जाए, क्या करे?...? वह सड़क पर उसी जगह पर बैठने लगा, जहाँ पर पिता बैठता था। लोगों ने पूछा—"बेटा! तुम्हारे पिताजी जो जूतो...
- कहाँ जाते हैं?...? ’’ यद्यपि युद्ध प्रारम्भ होने के पूर्व ही उन्होंने इस तथ्य की स्पष्ट घोषणा कर दी थी कि शाम का समय उन...
- कहाँ जाना चाहिए इसका भी कुछ पता नहीं चलता और हम जिन्दगी भर भटकते रहते हैं और यह तलाश करते रहते हैं कि जाना किधर है?...? सारी जिन्दगी यही पता नहीं चल सका कि जाना कहाँ है। इन इंद्रियों ने जिधर भटका दिया, उधर ही चल दिए। पैसे...
- कहाँ जाना है?...? ध्यान का अर्थ—लक्ष्य का चिन्तन
मित्रो! ध्यान की यह प्रक्रिया भगवान को प्रसन्न करने के लिए नही...
- कहाँ डकैती डाली?...? अयोध्या में डाली। लेकिन जब बाहर वाला पूछता है, तब इनकार कर देता है और कहता है कि हमने डकैती नहीं डाल...
- कहाँ डूब गया है?...? भाई साहब! हमें बताइये, हम निकाल लायेंगे। पुलिस में रिपोर्ट करेंगे। तालाब में डूब गया है? नहीं साहब...
- कहाँ तक इस मामले की तलाश की जाएगी?...? मित्रो! हमारे पास लाखों आदमी आते हैं। हर आदमी के पीछे आप इन्क्वायरी कमेटी बैठाइए कि इसका जो ख्याल था...
- कहाँ तक कह सकता हूँ?...? बस अन्त में यह हुआ कि जापान के गाँधी कागावा को हर आदमी ने यह कहा कि यह जिन्दा भगवान है कागावा के रूप म...
- कहाँ तक पढ़ा है?...? पढ़ने वाले के ऊपर लानत ! जाने कहाँ तक पढ़ते जाते हैं। बी० ए० पास है, एम० ए० पास है। अच्छा तो यह कमात...
- कहाँ तक पढ़े हैं आप?...? हमारे गाँव में प्राइमरी स्कूल है। उस जमाने में दर्जा चार तक प्राइमरी होते थे, अब तो पाँचवीं तक होते ...
- कहाँ तक पढ़ा है?...? पढ़ने वाले के ऊपर लानत! जाने कहाँ तक पढ़ते जाते हैं। बी०ए० पास है, एम०ए० पास है। अच्छा तो यह कमाता तो ...
- कहाँ तक पढ़े हैं?...? मैट्रिक पास हैं। अच्छा साहब, दो सौ रुपया तनख्वाह मिलेगी। आप क्या पास हैं? बी.ए. पास हैं, तो आपको साढ़...
- कहाँ तक बढ़े हैं आप?...? हमारे स्कूल में प्राइमरी स्कूल है। उस जमाने में दर्जा चार तक प्राइमरी होते थे? अब तो पाँचवीं तक होते...
- कहाँ देखना है?...? हमारा लक्ष्य क्या हो सकता है? राम की सुगन्ध से हम सुगन्धित बनना चाहते हैं, इसलिए हम उसके नजदीक बैठते...
- कहाँ देखा है?...? कहाँ देखा है! वहाँ हम और आप साथ-साथ पढ़े थे। हाँ! याद आ गई। आपका नाम तो मोहन लाल है। देखिये, हम कह रह...
- कहाँ नौकरी करेगा?...? हम शहर में नौकरी करेंगे। किसकी नौकरी करेगा? सवा सौर रुपये की नौकरी करूँगा। डेढ़ सौ रुपये की नौकरी ...
- कहाँ पर फूल चढ़ाएँगे, जगह तो बताइए?...? कितना बड़ा भगवान है, आप कहाँ पर चन्दन चढ़ाते फिरेंगे? आप ये हिमाकत मत कीजिए।
(क्रमश:)
(...
- कहाँ पर मिलते हैं?...? मछुआरे ने कहा—देखिए साहब! यही वह इलाका है, जिसमें सीप और मोती पाए जाते हैं। यहाँ से हम मोती बीनते है...
- कहाँ पढ़ा था वह?...? क्या-क्या किया था उसने? पैसा कहाँ से लाया था? बेटे, हम नहीं जानते कहाँ से लाया था। लेकिन हम यह जरूर ...
- कहाँ बजती है?...? किसकी बजती है? भगवान की बेटे। नाक के ये जो दो सुराख हैं, इसमें से कृष्ण भगवान की बाँसुरी बजती रहती ह...
- कहाँ बना रखा है?...? खुले में बना रखा है। छाया में क्यों नहीं बनाया? अरे साहब! एक बार हमारे पिताजी सपने में दिखाई पड़े थे...
- कहाँ बना रखा है?...? खुले में बना रखा है। छाया में क्यों नहीं बनाया? अरे साहब! एक बार हमारे पिताजी सपने में दिखाई पड़े थे ...
- कहाँ बनाये थे?...? सारे भारतवर्ष में बुद्धों के विहार, संघाराम, बुद्धों के विहार..........। उन विहारों में शिक्षण-साधना...
- कहाँ बर्बादी रह जाएगी?...? मित्रो! अपराध कैसे रह पायेगा? अगर मनुष्य अपने दिल के अन्दर भावना को जोड़ लें। अभी हमारे शरीर तो इनसान...
- कहाँ बाँध ली?...? अरे गले में। गले में क्यों बाँधते हैं? हाथ-पाँव में बाँध लें। अरे महाराज जी! गायत्री माता भाग जाएँगी...
- कहाँ बारह लाख रुपया सालभर का खर्च एक मन्दिर का, कहाँ चौबीस रुपया?...? ऐसे एक मन्दिर की आमदनी से गायत्री तपोभूमि जैसी संस्थाएँ ४८ बनाई जा सकती हैं। यही वह आधार है जो नव नि...
- कहाँ बैठा हुआ है?...? ये हृदय में बैठा हुआ है। दिखाई नहीं पड़ता क्या? नहीं महाराज जी, मुझे तो दिखाई नहीं पड़ता। आँखें खोल और...
- कहाँ बैठा हुआ है?...? वो कमरे में। कौन-से कमरे में? वो बैठा हुआ है कमरे की कोठरी के कोने में और जैसे ही व्यापार करेगा—तेरी...
- कहाँ भगवान और अर्जुन और कहाँ आप सूत के बेटे, दासी के बेटे?...? भला आप क्या कर सकते हैं? देखिए अर्जुन सहित पाँचों पाण्डव संगठित हैं। वे मालिक हैं और आप नौकर हैं। आप...
- कहाँ भगवान और अर्जुन और कहाँ आप सूत के बेटे, दासी के बेटे?...? भला आप क्या कर लेते हैं? देखिए अर्जुन सहित पाँचों पाण्डव संगठित हैं। वे मालिक हैं और आप नौकर हैं। आप...
- कहाँ भटक गए?...? मेले में हम कैसे खो गए? अपना नाम कैसे भुला बैठे? अपना रास्ता कहाँ भूल गए? अभी न तो यह पता है कि हम क...
- कहाँ भाग जाता है?...? आज के भगवान् में भाग जाता है। हमारा कौन सा भगवान्? कैसा भगवान्? आपके जीवन का लक्ष्य पैसा था और वह भा...
- कहाँ भेजता हूँ?...? आपने अपनी कन्या के हाथ पीले कर दिए। मैंने किसके पीले हाथ कर दिए? आप लोगों के पीले हाथ किये हैं। कप...
- कहाँ मरेंगे आप?...? शरीर बदल लेते हैं बार-बार। कपड़ा पुराना होता है तो बदल लेते हैं नहाना भी पड़ता है। बनियान में गन्ध आ जा...
- कहाँ मारा है?...? बस, गाड़ी लेकर गए और लाश को लेकर के आ गये और उसको ऐसे ही खुली गाड़ी में बिठा ले गये। लाश भी आ गई, उसे ...
- कहाँ मोड़ दूँ?...? विविध भारती पर लगा दें। आहा! ये तो बहुत अच्छा आ रहा है। फिर बेटे! सुई मोड़-सुई मोड़। अगर हम अपने विच...
- कहाँ मोड़ दूँ?...? विविध भारती पर लगा दें। आहा! ये तो बहुत अच्छा आ रहा है। फिर बेटे! सुई मोड़ सुई मोड़। अगर हम अपने विचार...
- कहाँ रहती है?...? ऋषियों ने कहा- वहाँ रहती है। कहाँ रहती है? वहाँ रहती है। ठोकर खाते- खाते रामचंद्र जी के पाँव में छ...
- कहाँ रहती हैं?...? महाराज जी! वह तो नागरकोट में रहती है, कलकत्ता में रहती है। अच्छा तो वहीं चलो। मैं तो कलकत्ता देख आया...
- कहाँ रहते हैं?...? ऊपर अकेले रहते हैं। तो महाराज जी! आपको डर नहीं लगता। कोई और नहीं रहता? बेटे! हमारे पास इतने आदमी रहत...
- कहाँ रहते हैं?...? इंदौर के थे और उनके बीसों काम पूरे हुए थे।
मित्रो! उनकी लड़की को विश्वास था कि आचार्य जी के पास ...
- कहाँ रहते हैं?...? मुझे कैसे मिलेंगे? उसने मुझे बताया कि यह हमारे गुरु, पण्डित श्रीराम शर्मा आचार्य जी हैं। तुम इनसे मिल...
- कहाँ रहते हैं?...? विष्णु भगवान कहाँ रहते हैं? कृष्ण को मरे हुए मुद्दतें हो गईं, तो अब किस तरीके से पाएँ कृष्ण को? कृष्...
- कहाँ रहें और क्या करें?...? यह प्रश्न निरन्तर परेशान करता रहता है। दक्षिण रोडेशिया और दक्षिण अफ्रीका में प्रकारांतर से गोरों का र...
- कहाँ रुका हुआ है?...? तुझे तो किसी और काम के लिए भेजा गया है और तू कहाँ रुक गया? इस रूप में तो एक बार में एक की ही नाड़ी पक...
- कहाँ रुचि लेता है?...? आदि।
- बालक के मित्रों के साथ शालीनता का व्यवहार करें। कभी तुनक मिजाजी न दिखाएँ। व्यवहार में स्नेह, ...
- कहाँ लगा दें?...? कहीं भी लगा दीजिए। नहीं बेटे! मशीन जमीन पर लगती है। पहले तू फैक्टरी का इंतजाम कर, जमीन खरीद, घेरा बन...
- कहाँ लय हो जाना है?...? भगवान में लय हो जाना है।
भगवान में लय होना योग
मित्रो! भगवान में किस तरीके से लय होना होगा...
- कहाँ लिए है और कहाँ बैठी है?...? साहब! वहाँ बैठी है- पीपल के पेड़ पर। नीम के पेड़ पर बैठी है, पहाड़ पर बैठी है। बेटे, बेकार की बातें...
- कहाँ लिया गया?...? झाड़ी में। अब हम इस चक्कर में हैं कि या तो चीता हमारे हाथ लगे या चीता कहाँ गया है, यह हमें पता चले। ...
- कहाँ ली थी गुरुदीक्षा?...? महाराज जी! जब आप वहाँ कोटा-बूँदी गए थे। हाँ, बेटे! तब ली होगी, लेकिन बेटे! गुरुदीक्षा ले तो इस तरह क...
- कहाँ वह हिम्मत, साहस है, क्या?...? नहीं, साहब! हम तो धतूरा खिला आएँगे शंकर जी को। शंकर जी प्रसन्न होंगे। भाई तू तो बहुत चालाक है, पर शं...
- कहाँ से निकलेगा?...? बेटे, हम नहीं जानते। चाहे दीवार फोड़कर निकले, चाहे छत फोड़कर निकले, परन्तु हम छेद बन्द कर देंगे और तु...
- कहाँ से आ गईं ये बेटियाँ तो माता जी को कष्ट उठाना पड़ा होगा?...? नहीं बेटे! ये तो बिना कष्ट के पैदा हो गईं। मुहब्बत की जंजीरें अगर हमारे पास हों तो सारी दुनिया हमारी...
- कहाँ से आ गईं ये बेटियाँ?...? तो माता जी को कष्ट उठाना पड़ा होगा? नहीं बेटे! ये तो बिना कष्ट के पैदा हो गईं। मुहब्बत की जंजीरें अग...
- कहाँ से आ जाता है?...? हम नहीं जानते, कहाँ से गायत्री तपोभूमि बनाई, इसमें दस लाख रुपया लग गया। शान्तिकुञ्ज बनाया इसमें दस ल...
- कहाँ से आ रहा है?...? उनके यहाँ गया था अहा! ये तो अच्छा किया रे! अच्छा क्या-क्या खिलाया बता? बड़े मामा ने क्या खिलाया? बड़ी ...
- कहाँ से आए हैं और कहाँ जाना था?...? स्थिति विचित्र है, इसे न स्वीकार करते बनता है और न अस्वीकार करते। स्वीकार करना इसलिए कठिन है कि हम प...
- कहाँ से आए हैं और कहाँ जाना था?...? स्थिति विचित्र है, इसे न स्वीकार करते बनता है और अस्वीकार करते। स्वीकार करना इसलिए कठिन है कि हम पाग...
- कहाँ से आएगा करेंट?...? हमारे गुरुजी के विचार हैं, आप उन्हें सुनिए, जिन्होंने हम जैसे नाचीज को आगे बढ़ाया। हम जो गीली मिट्टी...
- कहाँ से आएगा?...? बेटे कहीं से आएगा, जमीन फटेगी, आसमान से आएगा। कौन देगा? वही देगा जिसके बारे में अथर्ववेद ने साक्षी द...
- कहाँ से आता था?...? बस यही नहीं बता सकता आपको कि कहाँ आया था, लेकिन हम आपको यह बताते हैं कि यह जो आयोजन है, यह जो इतनी ब...
- कहाँ से आता है पैसा?...? कहीं से नहीं आता। पैसा रगड़ से, मेहनत से आता है। रगड़ता चले जा। रगड़ता तो है ही नहीं। शरीर को बचाए-बचाए...
- कहाँ से आता है पैसा?...? कहीं से नहीं आता। पैसा रगड़ से, मेहनत से आता है। रगड़ता चले जा। रगड़ता तो है ही नहीं। शरीर को बचाए-बचाए...
- कहाँ से आता है?...? बगल में से आता है, पीठ पीछे से आता है और दोस्त की शकल बना करके आता है। आपकी जिन्दगी में दुश्मनों से क...
- कहाँ से आती है?...? कहीं से आए, चाहे घी खा करके आए, चाहे व्यायाम करके आए, कहीं से आए, कहीं न कहीं से इकट्ठी करनी पड़ती ह...
- कहाँ से आते हैं चमत्कार?...? यह मनुष्य की श्रद्धा में से आते हैं। श्रद्धा में से भगवान आते हैं। मित्रो! कल मैं आपको श्रद्धा का ...
- कहाँ से आया था गाण्डीव?...? वहीं से आया था जहाँ गहराई की दृष्टि से ऋतम्भरा प्रज्ञा मिली थी। नारी को उसने प्रज्ञा से देखा। जब देव...
- कहाँ से आया?...? किसी ने बता दिया कि मुक्ति दीदी को देखा था। शायद उन्हीं का काम होगा। अगले दिन उन्होंने मुझसे पूछा, ‘...
- कहाँ से ओटोग्राफ लेकर आएँगे?...? वहाँ तक का किराया तो दे नहीं पाएँगे फिर ओटोग्राफ कैसे लेकर के आएँगे। इस तरीके से विचारों का निग्रह क...
- कहाँ से करेंगे?...? हम देहात से शुरू करेंगे। यह शहर तो बर्बाद हो गये हैं। न जाने कितनी पार्टियाँ, कितने नेता, कितने पेपर...
- कहाँ से कहाँ तक हुआ?...? बेटे, जहाँ कहीं भी अनीति के विरुद्ध संघर्ष करने की जरूरत पड़ी होगी अथवा धर्म की स्थापना करने की जरूरत...
- कहाँ से कहीं से कुछ भी मिल जाए, पर क्या मिल जाएगा?...? धिक्कार है चमत्कार पर
कई लड़के आते हैं और कहते हैं कि हम तो वहाँ गए थे। हमने उनका ऐसा चमत्कार देख...
- कहाँ से चला आता है?...? ऐसी एक शक्ति है, जो प्राचीनकाल में भी थी। त्रेता में भी थी और कलियुग में भी है।
शाश्वत हैं ये स...
- कहाँ से जुटाई?...? इसके लिए मार्गदर्शक ने पहले ही दिन कहा था—जो पास में है, उसे बीज की तरह भगवान के खेत में बोना सीखो। ...
- कहाँ से ज्ञान बाँटेंगे?...? ज्ञान को खरीदिए और बाँट दीजिए। काहे से खरीदें? आपके पास दो सामान हैं। कौन से सामान हैं? एक है आपके प...
- कहाँ से पाएँगे?...? कहाँ से सीखेंगे? आप वेश्यालय जाकर वासना पूर्ति कर सकते हैं, लेकिन प्यार-मोहब्बत आप नहीं ला सकते हैं।...
- कहाँ से पैसा आ जाता है?...? रिजर्व बैंक से आ जाता है। हमने अपने आप को रिजर्व बैंक में 'मर्ज' कर दिया है, इसलिए रिजर्व बैंक हमार ...
- कहाँ से बोल रहा है?...? साहब! सीलोन से बोल रहा है। महाराज जी! सीलोन वाला तो बड़े गंदे गाने सुनाता है। हाँ बेटे! वह बड़े गंदे...
- कहाँ से बोल रहा है?...? साहब! सीलोन से बोल रहा है। महाराज जी! सीलोन वाला तो बड़े गंदे गाने सुनाता है। हाँ बेटे! वह बड़े गंदे ग...
- कहाँ से बोल रहे हैं?...? क्या नाम है? हम हैं। कौन हम, नाम क्यों नहीं बताते? टेलीफोन में नाम पूछना पड़ता है, तब बताते हैं। फोन...
- कहाँ से भँवरे आ जाते हैं?...? क्यों साहब, आप कहाँ से आए? हम तो साहब बहुत दूर के रहने वाले हैं। आपका ये कौन लगता है? कोई नहीं लगता।...
- कहाँ से भँवरे आ जाते हैं?...? क्यों साहब, आप कहाँ से आए? हम तो साहब बहुत दूर के रहने वाले हैं। आपका ये कौन लगता है?? कोई नहीं लगता...
- कहाँ से मिलेंगे?...? उसी स्त्रोत से मिलेंगे। शर्त ये है कि अपने आपको उसके काबिल बना लें; इस लायक बना लें कि भगवान आपको दे...
- कहाँ से लाए हो शेर?...? मेले में से लाए हैं। मेले में घूम रहे थे, तो दिखाई पड़ गया, उठा लाए। पत्थरों के बने हुए हैं। अगर ये स...
- कहाँ से लाए?...? क्या-क्या उद्योग चलाए थे उन्होंने बताना जरा? फैक्ट्रियाँ खोली थीं? कारखाने खोले थे? सुदामा जी की कही...
- कहाँ से लायेंगे?...? अब वह गंगाजल में शामिल हो गया और नाला गायब हो गया। नाला खत्म हो गया और गंगा बन गया। मित्रो! बूँद...
- कहाँ से वापस लाया जाए?...? लंका से वापस लाया जाए। हम और आप कोशिश करेंगे तो इसे लंका से वापस लाया जा सकता है। नहीं साहब! रावण बह...
- कहाँ से वापस लाया जाए?...? लंका से वापस लाया जाए। हम और आप कोशिश करेंगे तो इसे लंका से वापस लाया जा सकता है। नहीं साहब! रावण बह...
- कहाँ से सीखेंगे?...? आप वेश्यालय जाकर वासना पूर्ति कर सकते हैं, लेकिन प्यार-मोहब्बत आप नहीं ला सकते हैं। आप माँ-बाप का प्...
- कहाँ से स्कूल चलता है?...? खर्च कैसे कौन करता है? करता है—केशवानन्द। पहले उसका नाम कुछ और था, बाद में केशवानन्द नाम रख लिया। के...
- कहाँ से होगा?...? आपकी दाढ़ी में से होगा, आपके पेट में से होगा। हमारी औरत तो है भी नहीं। तो क्या हुआ औरत से क्या मतलब ह...
- कहाँ सौ, कहाँ पाँच और जिनके पास रहने का ठिकाना नहीं, उनके पास इतनी बड़ी सेना कहाँ हो सकती थी?...? क्या मुकाबला है दोनों का? फिर क्या होता चला गया? भगवान श्रीकृष्ण ने कहा कि हम आपको शक्ति की सप्लाई क...
- कहाँ हमने गलतियाँ की हैं?...? उन्हें सुधारने की आवश्यकता है। यह धर्म-चक्र का दिन है, प्रातःकालीन उदीयमान सूर्य का दिन है, अन्धकार ...
- कहाँ है अवा?...? इस कोठरी में जिसमें आप रहते हैं अथवा शान्तिकुञ्ज को आप अवा मानिये। इस अवे में आपको कैद कर दिया गया ह...
- कहाँ है आँवा?...? जिस कोठरी में आप रहते हैं उसको आप आँवा मानिए, अथवा शान्तिकुञ्ज को आप आँवा मानिए। इस अँवे में आपको कै...
- कहाँ है आँवा?...? इस कोठरी में जिसमें कि आप रहते हैं। शान्तिकुञ्ज को आप आँवा मानिए। इस आँवे में आपको कैद कर दिया गया है ...
- कहाँ है गरीबी?...? आप बताइये कि रोटी खाते हैं कि नहीं खाते? हाँ साहब! रोटी तो खाते हैं, कपड़े पहनते हैं। रोटी खा लेते ...
- कहाँ है दिशाशूल?...? साहब! वहाँ है-पीपल के पेड़ के नीचे बैठा हुआ है। दिशाशूल पकड़ लेगा। दिशाशूल के कारण चूल्हा नहीं बना स...
- कहाँ है बैकुण्ठ?...? बैकुण्ठ इसी जमीन पर है। आपको मालूम नहीं है। स्वर्ग भी इसी जगह है और नर्क भी। देवता भी इसी जगह पर रहत...
- कहाँ है भगवान?...? साहब, वह तो मन्दिर में बैठा हुआ है। नहीं बेटे, जो मन्दिर में बैठा हुआ है, वह तो कोई खिलौना है। फिर कहा...
- कहाँ है भजन, दिखाना जरा?...? यह तो मरा हुआ कुत्ता है। नहीं साहब ! यह हमारा भजन है। आप सड़ा हुआ कुत्ता लेकर मारे-मारे फिरते है...
- कहाँ है यह भक्ति और पूजा?...? मित्रो! भक्ति वह हो सकती है, जिसमें कि हम मुहब्बत, अपने चरित्र और अपने व्यक्तित्व द्वारा समाज को श्र...
- कहाँ है साहब पैसा?...? हमारी बैंक में जमा है। कौन-सी बैंक में रखा हुआ है? ये सब लोग जो बैठे हैं, इनका नाम बैंक है। हमको अगर...
- कहाँ है हमको?...? देखिए हम तो बिलकुल हट्टे-कट्टे बैठे हैं। आप देखने में हट्टे-कट्टे बैठे हैं, लेकिन आपके चेहरे से देखा...
- कहाँ है, स्त्री का स्वरूप?...? तो क्या है इसमें? इसमें सविता का मंत्र है। सविता क्या होता है? सविता होता है, पुरुष। पुरुष कैसे ...
- कहाँ हैं तीर्थ आपको कहीं दिखाई पड़ते हैं क्या?...? मुझे तो कहीं भी दिखाई नहीं पड़ते। सैरगाह, सैरगाह दिखाई पड़ते हैं, पुरानी, ऐतिहासिक घटनाएँ जरूर जहाँ-...
- कहाँ हैं तीर्थ?...? आपको कहीं दिखाई पड़ते हैं क्या? मुझे तो कहीं दिखाई नहीं पड़ते। सैरगाह-सैरगाह दिखाई पड़ते हैं। पुरानी ऐत...
- कहाँ हैं भवानी-शंकर?...? यहाँ न भवानी दिख रही है और न शंकर, फिर किसकी वंदना कर रहे हैं? उन्होंने कहा कि श्रद्धा और विश्वासरूप...
- कहाँ होता है?...? स्वर्गलोक में होता है। इसकी क्या विशेषता होती है? इसकी विशेषता मैंने यह सुनी है कि जो कोई उस पेड़ के...
- कहाँ होता है?...? स्वर्गलोक में होता है। इसकी क्या विशेषता होती है? इसकी विशेषता मैंने यह सुनी है कि जो कोई उस पेड़ के...
- कहाँ-कहाँ तक उसने कृष्ण का गुणगान किया था?...? हमारा स्वर्ग हमारे चिन्तन में
जिस समय की जो परिस्थितियाँ होती हैं, उसके मुताबिक यदि कदम उठाया गया ...
- कहाँ-से-कहाँ तक हुआ?...? बेटे, जहाँ कहीं भी अनीति के विरुद्ध संघर्ष करने की जरूरत पड़ी होगी अथवा धर्म की स्थापना करने की जरूरत...
- कहा—टिटिहरी क्या बात है?...? ऋषिवर! यह मेरे अण्डों को बहाए ले जा रहा है। इस तरह इसकी हिम्मत कैसे हो गई?
अगस्त्य ने कहा—बेटी! ते...
- कहिए क्या बात है?...? आपको उस डिवीजन से शेखावटी डिवीजन से पार्लियामेण्ट के मेम्बर के लिए खड़ा होना चाहिए। काँग्रेसी होने के...
- कहिए, आपकी समस्या का समाधान हुआ कि नहीं?...? वह बोला—"अरे साहब! समस्या का समाधान भी हुआ और अभी मेरे पास सात दीनार नगद जेब में रखे हए हैं। अब दोनो...
- कहिए, आपने ज्योतिष पढ़ी है क्या?...? ज्योतिष तो नहीं पढ़ी है, पर चूँकि हम पण्डित की पत्नी हैं, इसलिए पण्डितानी हैं।
समर्पण किया जात...
- कहिए, एम0 बी0 बी0 एस0 किया है क्या?...? नहीं एम0 बी0 बी0 एस0 तो नहीं किया है। तो फिर आप डॉक्टरनी कैसे हो गई? हम डॉक्टर की पत्नी हैं, इसलिए ड...
- कहीं से पैसे कमाकर, माल मारकर लाऊँगा और यह स्वर्ग तो मुझे इसी जिन्दगी में मिल सकता है, फिर मरने का इन्तजार क्यों किया जाये?...? यदि इसी का नाम स्वर्ग है-खाने-पीने की सुविधाओं का नाम-स्वर्ग, पहनने-ओढ़ने की सुविधाओं का नाम स्वर्ग...
- कहीं अखण्ड कीर्तन हो रहे हैं, कहीं अखण्ड रामायण पाठ हो रहा है, कहीं क्या हो रहा है, कहीं क्या हो रहा है?...? यह सारे के सारे कर्मकाण्ड बड़े जोरों से चल रहे हैं।...
- कहीं अपव्यय तो नहीं होता?...? थाईलैंड कृषि-प्रधान देश है। वहाँ ८४ प्रतिशत लोग खेती करते हैं, पर वे अत्यन्त कर्मठ, पुरुषार्थी, शान्ति...
- कहीं आँखें हैं इसकी, कहीं कान हैं, कहीं क्या है, कहीं क्या है?...? विराट् रूप की तस्वीर कभी आपने कहीं देखी होगी। यह सारा संसार विराट् है।...
- कहीं आँखों से दर्शन होते हैं क्या?...? हमें देख लो। नहीं साहब! आपको नहीं। हम तो भगवान को देखना चाहते हैं। तो उन्होंने ज्ञान की आँखें दीं और...
- कहीं आपने ऐसे आदमी देखे हैं?...? हमने तो कभी नहीं देखे नहीं कि जिसके सींग होते हैं और जो आदमी को मार देता हो। रामलीला में देखे हैं कि...
- कहीं ऐसा भी होना सम्भव है कि जहाँ आदमी कोल्हू में चलाया जाता हो, चक्की में चलाया जाता हो, पानी में डुबोया जाता हो, आग में जलाया जाता हो, यह सब हो सकता है, मैं कैसे कहूँ?...? जो चीज मैंने देखी नहीं, उसके बारे में मैं कैसे कहूँ? लेकिन मैंने एक नरक देखा है और एक स्वर्ग देख...
- कहीं ऐसे भी शंकर भगवान होते हैं क्या?...? हम नास्तिक हो गए और घर वापस आ गए। हमारे घर में हर वर्ष रामायण का पाठ होता था। उस वर्ष भी रामायण हुआ।...
- कहीं ऐसे लाभ होते हैं?...? मित्रो! नियमितता का बहुत लाभ है। उपासना की नियमितता का भी बहुत लाभ है। यहाँ से जाने के बाद आप अपनी उ...
- कहीं कोई समाज में भी रहता है क्या?...? कहीं कोई संस्कृति भी है क्या? कहीं कोई दीन-दुखियारे भी रहते हैं क्या? समाज के प्रति भी कुछ कर्तव्य...
- कहीं कोई आदमी चीते को देख करके, भेड़िये को देखकर के उसको जिन्दा रहने देगा?...? या तो अपनी जान गँवाएगा या उसकी जान ले लेगा, लेकिन सिखा लेने के बाद में वे जान लेने वाले जो जानवर हैं...
- कहीं कोई ऐसा लोक है, जहाँ स्वर्ग रहता है, मैं नहीं जानता कि कहीं है या नहीं?...? लेकिन मित्रो! मैंने जिस स्वर्ग को देखा है, मैं चाहता हूँ कि आपको भी वह स्वर्ग दिखाऊँ। भगवान् के पा...
- कहीं कोई दीन-दुखियारे भी रहते हैं क्या?...? समाज के प्रति भी कुछ कर्तव्य और फर्ज है क्या? नहीं साहब! जो हमने कमाया था, चार बेटों में बराबर बाँ...
- कहीं कोई संस्कृति भी है क्या?...? कहीं कोई दीन-दुखियारे भी रहते हैं क्या? समाज के प्रति भी कुछ कर्तव्य और फर्ज है क्या? नहीं साहब! ज...
- कहीं क्या होता है तो कहीं क्या?...? इस तरह से नेचर हमसे नाराज हो गयी है। वातावरण भी ऐसा हो गया है कि जो नई पीढ़ियाँ पैदा होती हैं, नये बच...
- कहीं क्रोध तो नहीं आ रहा है, किसी बात पर हम क्रोधित तो नहीं हो रहे हैं?...? इसके स्थान पर हमारे भीतर शीतलता होनी चाहिए। जो भी बात कहें, तो नम्रतापूर्वक कहें। हम नम्र हैं कि नही...
- कहीं गड्ढे थे, कहीं क्या थे?...? मनुष्य ने मशक्कत की, इसको समतल बनाया, इस पर घास-पात लगाए पेडू-पौधे लगाए कुएँ बनाए नहरें बनाई और ये ज...
- कहीं गाड़ियाँ टकरा रही हैं, कहीं भूचाल आ रहा है, कहीं क्या आ रहा है, कहीं क्या आ रहा है?...? ये विषम परिस्थितियाँ हैं और विषम परिस्थितियों में प्रत्येक बुद्धिजीवी का कर्तव्य है कि उन परिस्थितिय...
- कहीं जा, कुछ कर, जिससे कुछ लाभ हो, घर में बैठा क्या करेगा?...? फिर क्या चाहता है? ‘‘कामये दुःखतप्तानाम् प्राणिनां आर्त्तनाशनम्’’-संसार में जितने भी दुःखी प्राणी है...
- कहीं तक नहीं पढ़े थे, फिर भी उन्होंने भगवान का काम किया कि नहीं?...? वे भगवान से जुड़े थे, इसीलिए सराहे गए और आगे भी उनको सराहा जाएगा।
गाँधी जी के पदचिह्नों पर जो...
- कहीं निरक्षरता रह जाएगी?...? अनाचार-अत्याचार रह जाएगा, गुण्डागर्दी रह जाएगी, कैसे रह सकती है? लेकिन बेटे! अब क्या कहें? बस, यहीं ...
- कहीं नौकरी मिल जाय, किसी बड़े आदमी की नौकरी मिल जाय और अगर दुकान खोल लेगा तो क्या होगा?...? छोटे-छोटे आदमी दुकान खोले बैठे हैं। चाय-पकौड़े की दुकान वाले सुबह से शाम तक सौ रुपये तक की चाय-पकौड़...
- कहीं ब्याह-शादी करने से तो नहीं है?...? नहीं, ब्याह-शादी करने से मतलब नहीं है। जिस तरह नाव से नदी को पार करने के लिए दो हाथों की और दो पतवार...
- कहीं ब्याह-शादी से तो नहीं है?...? नहीं, ब्याह- शादी करने से मतलब नहीं है। जिस तरह नाव से नदी को पार करने के लिए दो हाथों की और दो पतवा...
- कहीं भावों की जगह कुत्सा न भड़का लें?...? ’’‘‘आपकी आशंका निराधार नहीं है महर्षि, किन्तु इस कारण भयभीत होकर पीछे हटना आवश्यक नहीं है। आवश्यक है...
- कहीं रास हो रहा है, कहीं क्या हो रहा है?...? जनता को आकर्षित करने के लिए, जैसे कठपुतली वाले तमाशा करने के लिए जो ढोंग किया करते हैं, वे इस तरीक...
- कहीं ले गये थे?...? नहीं ले गये थे। अभी तक जहाँ का तहाँ रखा हुआ है। सिर्फ उठा लिया था। हनुमान जी ने जिस पहाड़ को उठाया था...
- कहीं वह जानवरों द्वारा खाया तो नहीं जा रहा है?...? जिसके लिए हमने इतना परिश्रम किया, उतना वह विकसित होना चाहिए था पर विकसित नहीं हो रहा है। हमको ज्या...
- कहीं सूखा पड़ रहा है?...? कहीं पानी बरस रहा है। कहीं बाढ़ आ रही है, कहीं बीमारियाँ फैल रहीं हैं। ये तो यहाँ हैं, सारे संसार भर ...
- कहीं से आया था?...? लेकिन इनसान का दिया हुआ नहीं था। कहाँ से चला आता है? ऐसी एक शक्ति है, जो प्राचीनकाल में भी थी। त्रेत...
- कहीं है क्या?...? लोग रॉकेट से चाँद के ऊपर चले गये हैं। चन्द्रमा को देवता कहा जाता था। लोग वहाँ पहुँचे तो, वह मिट्टी क...
- कहेगा इन पागलों के पास जाने की जरूरत क्या है?...? ये नागा, ये पंडे और जो शहरों में रहते हैं और सड़कों पर नंगे फिरते हैं, उन्हें देखने कौन जाएगा? और किस...
- कहो भाई फाँसी पर जाता है कोई आदमी और पूछता है जेलर—क्यों साहब कोई इच्छा तो बाकी नहीं रह गयी आपकी?...? हाँ साहब एक सिगरेट पिला दीजिये। हाँ साहब अच्छा, अच्छा साहब सिगरेट जलाकर मुँह में दे देता है और फाँसी...
- काँटों में पैदा हुआ, क्या कर्म में लिखा कर लाया?...? जहाँ इसका जन्म हुआ वही काँटे-ही काँटे। दूसरा आदमी कह रहा था- कैसे भाग्यवान काँटे हैं कि गुलाब के...
- काँपने के बाद क्या होता है?...? काँपने के बाद बेटे, एक दिन ऐसा आता है कि उसका टैम्परेचर बढ़ जाता है। अण्डे का टैम्परेचर आप ले लीजिये, ...
- काक होहिं पिक बकउ मराला ॥" यह क्या बात है?...? त्रिवेणी का प्रतिफल है। त्रिवेणी बन सकती है? हाँ। कैसे बन सकती है? जब वे शामिल हो जाएँ तब। और न मिले...
- कागज काम तो आता है, पर यह भी ध्यान रखिए कि क्या चीज चाहिए?...? यहाँ एक और शब्द लगा हुआ है। 'पर' यह इसलिए लगा हुआ है कि चित्रकला का अभ्यास होना चाहिए, जो समयसाध्य औ...
- कागज के द्वारा होते हैं क्या?...? अगर हम आपको बेहतरीन, अच्छा वाला टीटागढ़ का कागज लाकर दे दें और पार्कर का पेन दे दें तथा स्वॉन की स्य...
- कागज के द्वारा होते हैं क्या?...? अगर हम आपको बेहतरीन, अच्छा वाला टीटागढ़ का कागज लाकर दे दें और पार्कर का पेन दे दें तथा स्वॉन की स्य...
- कागाबा कौन है?...? बेटे! कागाबा उस आदमी का नाम है, जिसने एम0 ए0 की परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद में यह निश्चय किया कि अ...
- कान का संयम?...? कुछ भी नहीं है। गाना-वाना सुन लिया, तो बात अलग है। दिमाग की खुराफात है। कान बेचारे का कोई दोष नहीं ह...
- कान की झिल्ली बन्द हो जाये तब?...? बेटे, हम अपनी दुनिया के मालिक हैं। हम दुनिया के गुलाम नहीं हैं। भाग्य को हमने बनाया है। अपने भाग्य...
- कान कैसे हैं?...? मुँह कैसा है? दाँत कैसे हैं? ये किस काम आ सकता है? यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम आ सकता है? काम...
- कान में जेवर किस तरह का था?...? उनकी साड़ी कैसी थी? बॉर्डर कैसा था? बताना तो सही।
मन जंगली हाथी है, उसे बाँधिए
आप...
- कान में से बन्दर निकालते थे?...? बेकार की बातें मत कहिए। वे सिद्धपुरुष थे कि नहीं थे? हाँ साहब! वे अपने जमाने के सिद्धपुरुष थे। नहीं ...
- कान, कान यदि सुनना बन्द कर दें, तो चाहे आपकी रेडियो की आवाज हो, चाहे आपकी टीवी की आवाज हो, चाहे अच्छा संगीत हो, चाहे अच्छा प्रवचन हो, क्या सुन सकेंगे?...? नहीं, सुन सकेंगे। हमारा शरीर साथ देता है, तो ही हमारे सब सहयोगी बन सकते हैं। हमारे अन्दर यदि आत्मबल ...
- कानों कान बात न जाने कहाँ-से-कहाँ पहुँच गयी?...? उन्होंने कहा कि मैं आचार्य जी का व्याख्यान सुनना चाहता हूँ। मेरे पास खबर आयी कि सुखाड़िया जी 15 मिनट...
- काबू से क्या मतलब है?...? तू हमारी बीबी बन जा। किससे कहने लगा था? चंडी से कि हमारे कहने में चल, हमारे या हमारे भाई निशुंभ की स...
- काम करने की शैली क्या है?...? उसका रहन-सहन क्या होता है? उसको कैसे सुधारा जाय? वहाँ पढ़ाई का मूल उद्देश्य यही था। और जो मामूली ज्ञा...
- काम करने में क्या करना है?...? आप स्नान करके, कपड़े बदलकर झाड़ू लगा करके अपने पूजा के सारे सामान को साफ करके बैठिए। सबसे पहला काम श...
- काम करने में क्या करना है?...? आप स्नान करके, कपड़े बदलकर, झाड़ू लगा करके, अपने पूजा के सारे सामान को साफ करके बैठिए। सबसे पहला काम श...
- काम का दबाव ही अहर्निश छाया रहता है, फिर मनोरंजन की इच्छा उठे तो उसका क्या महत्त्व?...? अवसर न मिलने से वह उमंग भी असमय में ही मर जाती है। नीरसता स्वभाव का अंग बन जाती है। न उत्साह, न उमंग...
- काम का दबाव ही अहर्निश छाया रहता है, फिर मनोरंजन की इच्छा उठे भी तो उसका क्या महत्त्व?...? अवसर न मिलने से वह उमंग भी असमय में ही मर जाती है। नीरसता स्वभाव का अंग बन जाती है। न उत्साह, न उमंग...
- काम कितना वजनदार है?...? यह देखते हुए अंदाज आसानी से लगाया जा सकता है कि इसके लिए कितने बड़े प्रयत्न करने होंगे और कितने अधिक...
- काम किससे बनता है?...? काम उससे बनता है जिस जीवात्मा के भीतर प्रकाश भरा हुआ है। ऐसे आदमी जहाँ कहीं भी गये हैं, खराब परिस्...
- काम कैसे चलेगा?...? भगवान करते हैं इनसान का सहयोग बुद्ध विचार करने लगे कि वैदिक हिंसा और सारे विश्व में संव्याप्त पाप का...
- काम क्या करना पड़ेगा?...? यह निर्देश और परामर्श आप लोगों को समय-समय पर मिलता रहेगा। वह तो समय की बात है। काम बदलते भी रहेंगे औ...
- काम वासना का विचार आया है तो यह ध्यान रखिए कि हनुमान जी थे, भीष्म पितामह थे, स्वामी दयानन्द थे, शंकराचार्य थे, इन लोगों ने किस तरीके से अपना जीवन जिया?...? किस तरीके से शक्ति का संग्रह किया? इस बात का विचार कीजिए। विचारों को विचारों से काट दीजिए। विचारों क...
- काम वासना की ख्वाहिशें आदमी की जब तीव्र हो जाती हैं तो वह भूल जाता है कि बहन किसे कहते हैं और भांजी किसे कहते हैं और रिश्ता किसे कहते हैं?...? बाहर से बहन जी-बहन जी कहता जाता है और चुपचाप गलत रास्ते पर चला जाता है। चुपचाप छेड़ता चला जाता है...
- काम वासना की बात सोचे, ये क्या बात है?...? स्त्री है, इसका मतलब कि ये सिर्फ काम-वासना के ही लिए है क्या? हमारी माँ भी तो स्त्री है, बहिन भी तो ...
- काम वासना के लिए स्थान नहीं है?...? काम वासना के लिए स्थान हो सकता है।
यहाँ मित्रो! हमारे यहाँ सोलह संस्कारों में से एक गर्भाधान संस...
- काम से कब पिण्ड छूटेगा?...? मित्रो! काम के प्रति हमारा उत्साह, काम के प्रति हमारी जागरूकता, काम के प्रति हमारा प्रेम जो होना च...
- काम से, श्रम से मुझे इतना ज्यादा प्यार है, काम करते समय मुझे इतनी खुशी होती है, काम करने से मेरा इतना ज्यादा उत्साह बढ़ता है कि मैं आपसे क्या कह सकता हूँ?...? जब कभी काम करने का वक्त खाली निकल जाता है, तो मुझे ऐसा मालूम पड़ता है कि जाने चोरी कर रहा हूँ, जाने...
- काम, कौन, कब, क्या किस प्रकार करे?...? यह बात आगे की है। प्रश्न जिम्मेदारी का है। युद्धकाल में जो जिम्मेदारी सेनापति की होती है, वही खाना प...
- काम, मेहनत, मजदूरी क्यों नहीं करता?...? पात्रता तो भिखारी को भी चाहिए, भिखारी को भी चाहिए, फिर सामान्य लोग हों तो पात्रता के बिना दुनिया में...
- काम, मेहनत, मजदूरी क्यों नहीं करता?...? पात्रता तो भिखारी को भी चाहिए, फिर सामान्य लोगों का तो पात्रता के बिना दुनिया में कुछ नहीं चलता। इसल...
- काम-धन्धा कैसे चल रहा है?...? साहब! आज क्या खा करके आये? अरे! आज तो हमने परवल का शाक खाया। परवल तो मई के महीने में होता है और यह त...
- काम-वासनाओं में अपने आपको उलझाए रहते तब?...? भगवान शंकर का अवतार बनने का मौका नहीं मिलता तब? लक्ष्मण जी ने मेघनाद को मारा था। मेघनाद को यह वरदान ...
- कामदेव को जलाने की बात क्या है?...? जिन लोगों ने थोड़ी साइंस पढ़ी है वे जानते हैं कि थ्री डायमेंशन क्या होता है। थ्री डायमेंशन का मतलब आ...
- कामदेव जलने की बात क्या है?...? जिन लोगों ने साइंस पढ़ी है वे ‘थ्री डायमेंसन’ की बात समझते हैं—लम्बाई, चौड़ाई और गहराई की बात जानते है...
- कामधेनु क्या है?...? कामधेनु आध्यात्मिकता है। आध्यात्मिक चिन्तन ले के जाइए, आध्यात्मिक दृष्टिकोण ले के जाइए। अगर आप आध्या...
- कामधेनु क्या है?...? कामधेनु आध्यात्मिकता है। आप आध्यात्मिक चिन्तन ले के जाइये, आध्यात्मिक दृष्टिकोण ले के जाइये। अगर आप आ...
- कामना करने वाले भी दुनिया में भक्त हुए हैं क्या?...? कामना करने वाले, माँगने वाले, भिखमंगे, ख्वाहिशों के गुलाम, तमन्नाएँ जिनको खाए जा रही हैं। इच्छाओं से...
- कामनाएँ किसे कहते हैं?...? कामनाएँ उसे कहते हैं, जिसके बारे में हम कह रहे थे। यह दो हैं। एक है पेट की भूख, जो पेण्डुलम की घड़ी क...
- कामनाओं में ही लगे रहेंगे क्या?...? आप माँगते ही रहेंगे क्या? भिखारी ही बने रहेंगे क्या? नहीं, आप भिखारी बनने से इनकार कर दीजिए। अब आप य...
- कामनाग्रस्त मनुष्य किसी की भलाई भी क्या कर सकेगा और ऐसा व्यक्ति परमात्मा की दया का अधिकारी भी क्यों बन सकेगा?...? चराचर जगत में एक ईश्वर की सत्ता ही अनेक रूपों में कार्य कर रही है।...
- कामनाग्रस्त व्यक्ति अशक्त क्यों रहते हैं?...? ६. एषणाएँ कितनी प्रकार की होती हैं? ये अवांछनीय एवं खतरनाक क्यों कही जाती हैं। ७. वाहवाही के लोभी कि...
- कामवासना का कितनी देर तक का सुख होता है?...? कुछ सेकण्डों का सुख होता है और इसके बाद में वही बातें बड़ी बुरी मालूम होने लगती हैं। भीतर की मोहब्बत...
- कामवासना का विचार आया है, तो यह ध्यान रखिये कि हनुमान जी थे, भीष्म पितामह थे, स्वामी दयानन्द थे, शंकराचार्य थे—इन लोगों ने किस तरीके से अपना जीवन जिया; किस तरीके से शक्ति-संग्रह किया?...? इस बात का विचार कीजिए। विचारों को विचारों से काट दीजिए। विचारों को रोका नहीं जा सकता। एक तरह के विचा...
- कामवासना की पूर्ति के लिए?...? नहीं, आपको नहीं मालूम, इसके लिए नहीं आई है। तो किसके लिए आई है? उसका एक ही मकसद है और वह है प्यार।
...
- कामवासना में कुछ मिल जाता है?...? मिल भी जाता होगा, पर मूल उद्देश्य वह नहीं है। फिर क्या हो सकता है? आप ब्रह्मचारी हो सकते हैं? गृहस्थ...
- कामसेवन से मेरे जैसे बच्चा न हुआ तब?...? कोई लूला-लँगड़ा पैदा हो गया तब? और कोई चोर-उचक्का पैदा हो गया तब? तब आप मेरे जैसा बच्चा कहाँ से लायें...
- कामिनी से, रमणी से क्या फर्क पड़ता है?...? बेटे, जमीन-आसमान का फर्क पड़ता है। तो क्या नारी से अलग रहें? नहीं, मैं अलग रहने का हिमायती नहीं हूँ। ...
- कामुकता की प्रवृत्ति कहीं कुदृष्टि से तो नहीं उभर रही?...? असंयम से शरीर और मस्तिष्क खोखला तो नहीं हो रहा? शारीरिक और मानसिक स्वस्थता बनाये रखने के लिये इन्द्र...
- कायर किसे कहा जाना चाहिए?...? ७. ठगने वाला अधिक घाटे में कैसे रहता है? (८) सिद्ध कीजिये ‘‘दूसरों को धोखा देना अपने आपको धोखा देना ...
- कायस्थ कैसे करेंगे?...? धत्त तेरे की- मैंने कहा कि मेरा किया मेरे लिए ही उल्टा पड़ गया। मैंने किताब का नाम छापना बन्द कर दिय...
- काया-कल्प किनका हो गया?...? विवेकानन्द छोटी-सी नौकरी माँगने की हैसियत से रामकृष्ण परमहंस के पास गये। वहाँ कहने लगे हमारे पिताजी ...
- कायाकल्प किसे कहते हैं?...? कायाकल्प उसे कहते हैं जिसमें बुड्ढा जवान हो जाता है।मैं ऐसा कायाकल्प करना चाहता हूँ कि आपकी तबियत बद...
- कायाकल्प कैसे होगा?...? यही मैं आपको बताने वाला हूँ, पर पहले आपको यह जान ही लेना चाहिए कि कायाकल्प भीतर से होता है, बाहरी शर...
- कायाकल्प कैसे होगा?...? यही मैं आपको बताने वाला हूँ, पर पहले आपको यह जान ही लेना चाहिए कि कायाकल्प भीतर से होता है। बाहरी शर...
- कायाकल्प हो गया?...? हाँ एक बिना पढ़े-लिखे जाट का कायाकल्प हो गया। मैं उसी की बात कह रहा हूँ जो पार्लियामेण्ट का मेम्बर ही...
- कारखाने कौन बनाता है?...? हमारी मशक्कत बनाती है। मशक्कत से क्या मतलब है? शरीर से। श्रम से खेती-बाड़ी होती है। श्रम से मकान बनते...
- कारखाने खोले थे?...? सुदामा जी की कहीं फैक्ट्रियाँ नहीं थीं और न कारखाने ही। लेकिन द्वारिकापुरी में जो कुछ भी था वह सारे ...
- कारण क्या है?...? शुकदेव जी के पक्ष में और व्यास जी के खिलाफ जो राय थी, वह उन्होंने बताई। क्या कहा उन्होंने? राजा परीक...
- कारण क्या है?...? शुकदेव जी के पक्ष में और व्यास जी के खिलाफ एक राय थी, वह उन्होंने बताई। क्या कहा उन्होंने? राजा परीक...
- कारण प्राचीनकाल में जब दहेज-प्रथा थी ही नहीं तो उसका विरोध और खंडन कैसे होता?...? इसलिए उनमें लिखा ही नहीं। यह तो आज की आधुनिक काल की समस्याएँ हैं जिनका समाधान करने के लिए हम कहते रह...
- कारण सहित बताइये?...? (२) गाँधीजी ने स्वतंत्रता संग्राम में धर्म को आधार कैसे बनाया? (३) देश की वर्तमान प्रमुख समस्याओं पर...
- कारण सहित समझाइए?...? प्राचीनकाल में कला का उपयोग किसलिए किया जाता था? (४) किन कला प्रयासों को सार्थक कहा जा सकता है? (५) ...
- कारतूस को जिस बन्दूक में रखकर चलाया जाने वाला है वह है कि नहीं है?...? बन्दूक की जरूरत को, महत्त्व को जो नहीं समझते इसीलिए बहस हो जाती है।...
- कारतूस को जिस बन्दूक में रखकर चलाया जाने वाला है, वह है कि नहीं?...? बन्दूक की जरूरत को, महत्त्व को जो नहीं समझते इसीलिए बहस हो जाती है।...
- कारीगर को क्या मिलता होगा?...? इससे ज्यादा शायद ही मिलता हो। शरीर की कीमत कम है।
ज्ञान का शरीर, विचारों का शरीर—सूक्ष्म शरीर
इ...
- कारूँ का सारा खजाना जीवन रूपी धन की चरण रज से भी अल्प क्यों माना जाय?...? सच्चा धन हमारा स्वास्थ्य है, विश्व की सम्पूर्ण उपलब्ध सामग्री का अस्तित्व जीवन धन की योग्य शक्ति पर ...
- कार्य कैसे पूरा होगा?...? इतने साधन कहाँ से आएँगे? इसकी चिन्ता आप न करें। जिसने करने के लिए कहा है, वही उसके साधन भी जुटायेगा।...
- कार्यक्रम की समाप्ति पर जाते समय गुरुजी ने कहा, ‘‘दिलीप तुझे मालूम है, मैं तुझे क्या देकर जा रहा हूँ?...? ’’ मैं हैरानी से उन्हें देखता रहा। मुझे कुछ समझ नहीं आया। उन्होंने पुनः कहा, ‘‘तेरे दो बच्चों में से...
- कार्यक्रम समाप्त होने के बाद निवास स्थान पर जाकर हमने गुरुदेव से निवेदन किया कि गुरुदेव, बीमारी कैसे ठीक होगी?...? गुरुदेव ने कहा, ‘‘बेटा, करता तो भगवान है। लोग भगवान से लेना नहीं जानते। हम उनसे लेना जानते हैं, हम उ...
- काल का क्या अर्थ है?...? आप तो काल को भूत-प्रेत या देवता मानते हैं, परन्तु वास्तव में काल समय को कहते हैं। इसका जो सदुपयोग क...
- काला रंग राक्षसों की निशानी है?...? नहीं, काला रंग राक्षसों की निशानी नहीं है। केनिया के प्रेसीडेन्ट ने अपने देश के निवासियों को, केनिया...
- कालिदास का मन जब तक हमारी, आपकी तरह घूमता रहा, तब तक बुद्धू बना रहा, लेकिन जब उनकी पत्नी ने धमकाया कि आपको पढ़ना चाहिए और पढ़ने के लिए मन को एकाग्र करना चाहिए?...? उन्होंने कहा कि अच्छा मैं पढ़ूँगा। पढ़ने की तरफ जब अकल लगी, तो परिणाम क्या हुआ कि कालिदास विद्वान ह...
- काली किसकी थी?...? रामकृष्ण परमहंस की काली थी। फिर क्या हुआ उस काली का? क्या हुआ! जब रामकृष्ण परमहंस मरे, तो उनके साथ म...
- काली थी क्या?...? काली पत्थर थी। पत्थर नहीं थी। वो क्या थी? काली थी रामकृष्ण परमहंस की श्रद्धा, जो पत्थर में पूँजीभूत ...
- काली देवी जीव निकालकर क्यों चिढ़ाती है?...? अरे भाई! जीभ निकालना उनका शौक है। महाराज जी! एक देवी नागरकोट में रहती है। मेरे बाल-बच्चों का मुण्डन ...
- काली पैंट और हरे टैरीलीन का सूट आपके लिए बनवा दें, तो पीले रंग से अच्छा हुआ कि खराब हुआ?...? नहीं साहब! पीले रंग से तो अन्य दूसरे रंग अच्छे हैं। फिर पीले रंग से क्या लेना-देना? दिशाएँ सही हों त...
- कालेज और स्कूल कितने है?...? लाखों की तादाद में हैं। और लेक्चरर? जितने देखिए लेक्चरर ही लेक्चरर। लेक्चर से हम जनता का उद्धार कर द...
- काश, प्रतिभा और सदाशयता का एक ही केन्द्र पर केन्द्रीकरण बन पड़ा होता, तो यह संसार कितना सुखी और समुन्नत दृष्टिगोचर होता?...? सदुपयोग न बन पड़े तो इसमें भी किसी प्रकार सन्तोष किया जाता रह सकता है कि जो कमाया गया था, वह निरर्थक...
- काहे का अनुग्रह?...? बादलों का आना-पानी बरसाना। बादल बने ही इसीलिए हैं। हवा का बड़ा अनुग्रह है। वह हमारे फेफड़ों में ...
- काहे का जलाते हैं?...? हम तो घी का जलाते हैं। जला लीजिए। तेल का जलाते हैं, तो आप जला लीजिए। कौन मना करता है? फिर तो आप कोई ...
- काहे का रथ?...? आपके कारोबार का रथ, आपके व्यापार का रथ? आपके धन्धे का रथ, आपके शरीर का रथ, आपकी गृहस्थी का रथ-यह सब ...
- काहे का है?...? ये माँस का है, रक्त का है, हड्डी का है। ये कलेवर है, लिफाफा है। अच्छा, आप सारा काम इसी से करते हैं? ...
- काहे की कॉफी है?...? बेटे! ऐसे ही ख्वाबों की कॉफी है। हनुमान जी को आप अपना सलाहकार मुकर्रर कर लें। फिर ये घटिया आदमी, निक...
- काहे की जरूरत है?...? विचारों को विचारों से काटिए, सिद्धान्तों को सिद्धान्तों से काटिए। उनकी ठोड़ी में हाथ डालिए, उनकी मिन...
- काहे की रक्षा होनी चाहिए?...? एक रक्षा नारी के सम्मान की होनी चाहिए। नारी का सम्मान-शील भी उसी में आता है। नारी को दूसरे दर्जे का ...
- काहे की सफाई करते हैं?...? अपने शरीर को स्नान कराते हैं। काहे से स्नान कराते हैं? पानी से धोते हैं और कपड़े साबुन से धोते हैं और...
- काहे के मारे?...? 'अहं' के मारे। 'अहं' के मारे सारा पैसा इसी लग्जरी में, लिविंग स्टैंडर्ड में फूँकता जा रहा है। अरे अभ...
- काहे के लिए?...? हमारा मकान बनाने को पड़ा है, सो उससे बन जाएगा। सात साल का तप दे दीजिए। अच्छा, फिर तू क्या देगा? महार...
- काहे को लाना चाहते हो?...? हम पेपरों में छपाना ही नहीं चाहते, हमें कोई तारीफ चाहिए ही नहीं। तारीफ हमें चाहिए, तो आप कोशिश कीजिए...
- काहे को शाप दे रहे है?...? बेटे, इसलिए दे रहा हूँ कि न तुझे गायत्री मंत्र के बारे में कोई जानकारी है और न गायत्री मंत्र में खाद...
- काहे को शाप दे रहे हैं?...? बेटे, इसलिए दे रहा हूँ कि न तुझे गायत्री मंत्र के बारे में कोई जानकारी है और न गायत्री मंत्र में खाद...
- काहे में मजा आता है?...? डमी (पुतला) के साथ खेलने में। ये क्या लाए हो? शेर। अच्छा! कहाँ से लाए हो शेर? मेले में से लाए हैं। म...
- काहे से खरीदें?...? आपके पास दो सामान हैं। कौन से सामान हैं? एक है आपके पास साधन और एक है आपके पास श्रम। आप अपना श्रम और...
- काहे से घर जाऊँगा?...? मंत्र जप के प्रताप से। और योद्धा कैसे बन जाएगा? जप करने से और महात्मा कैसे हो जाते हैं? महात्मा बेटे...
- काहे से स्नान कराते हैं?...? पानी से धोते हैं और कपड़े साबुन से धोते हैं और दाँत मंजन से माँजते हैं और कमरा झाड़ू से साफ करते हैं औ...
- काहे-की मूर्ति बनाकर लाएँगे आप?...? लोहे की बनाकर लाएँगे। बस, रामचन्द्रजी को कपड़े पहनाएँगे, मुकुट पहनायेंगे, चन्दन लगायेंगे और धूप-बत्ती...
- कि आपकी महत्त्वकांक्षा नहीं बढ़नी चाहिए?...? आपकी महत्त्वकांक्षा जरूर बढ़नी चाहिए। पर आप अहंकार के नाम पर लोगों के सामने अपना चकाचौंध कहने के नाम...
- कि आपको क्या करना चाहिए और क्या नहीं करना चाहिए?...? ‘मनस्वी की पहचान एक ही है कि उसके जीवन में सदा सादा जीवन उच्च विचार’ के ऊँचे विचार आते हैं। ऊँचे विच...
- कि तरीके से कष्ट उठाते थे?...? इसे हमको जिन्दा करना है। इसलिए आप पीला कपड़ा जरूर पहनना, जिससे कि लोगों को बहस करने का मौका मिले और...
- कि देवता फूल क्यों बरसाते हैं?...? अरे वे सहयोग बरसाते हैं। फूल किसे कहते हैं? सहयोग को कहते हैं। कौन बरसाता है? देवता। देवत्व इस दुनिय...
- कि पारस क्या हो सकता है?...? पारस छूना स्वीकार करा लिया समर्थ गुरु रामदास ने। उस मराठा बालक से उन्होंने कहा—आप आज से छत्रपति शिवा...
- कि बड़े शानदार मन्दिर बनाना जरूरी है या बना सकते हैं क्या?...? समर्थ गुरु रामदास ने महावीर मन्दिर बनवाये थे। कैसे बनवाये? मिट्टी की दीवारों से फूँक के झोंपड़ों के ब...
- कि हमारा जीवन किस तरीके से ठीक बन सकता है?...? आपको अपने कर्तव्यों पे ध्यान देना चाहिए। आपको अपने ज्ञान को परिष्कृत करना चाहिए और अपनी भक्ति-भावना ...
- कि हमारा जीवन किस तरीके से ठीक बन सकता है?...? आपको अपने कर्तव्यों पर ध्यान देना चाहिए। आपको अपने ज्ञान को परिष्कृत करना चाहिए और अपनी भक्ति-भावना ...
- कि हमारा शरीर दूर है उनसे और जिस दिन भगवान के नजदीक जा करके आदमी यह अनुभव कर ले कि हमारा जीवात्मा भगवान का एक अंश है, फिर क्यों मरेगा आदमी?...? जीवात्मा कहीं मरता है क्या? शरीर तो कपड़ों की तरह है। रोज बदलते रहते हैं कपड़ों को, इससे कई लाभ हैं—भय...
- किन्तु महाकाल से कुछ छिपा रह सकता है क्या?...? उसकी चोरी पकड़ी गई। माताजी के पास शिकायत पहुँची। माताजी ने उसे समझाया व आईंदा ऐसा न करने के लिये कहा।...
- किडनी कैसी होती है?...? शरीर के अंग-प्रत्यंग जानने के लिए, उनके क्रिया-कलाप क्या हैं? जानने के लिए पाँच साल लगाने पड़ते हैं। ...
- कितना अस्त-व्यस्त बना दिया है?...? अगर ये आपके जीवन को अस्त-व्यस्त न बनाएँ, तो आप अपने आप को देख सकते हैं कि आपके जीवन में कितना का...
- कितना आगे रह सकते हैं?...? कितना भार उठा सकते हैं? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र, दूसरों को बड़ा मानें। स्वयंसेवक बनने में गौरव अनुभ...
- कितना आगे रह सकते हैं?...? कितना भार उठा सकते हैं? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र, दूसरों को बड़ा मानें। स्वयंसेवक बनने में गौरव अनुभ...
- कितना आगे रह सकते हैं?...? कितना भार उठा सकते हैं? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र, दूसरों को बड़ा मानें। स्वयंसेवक बनने में गौरव अन...
- कितना उसका विस्तार है?...? फिर उतने तारों की कल्पना हम कैसे करेंगे और फिर एक-एक नीहारिका इतनी दूर है। एक-एक नीहारिका का प्रकाश,...
- कितना कमा लेता है?...? ढाई सौ रुपये मिलते हैं। ढाई सौ रुपया तो हेमामालिनी का, स्वयं का एक दिन का खरच है। इतने में खाएगा क्य...
- कितना करना चाहिए?...? गायत्रीमंत्र का जप करना चाहिए क्योंकि प्रज्ञा की देवी वह ही हैं। कितनी माला करनी चाहिए? तीन, तीन तो ...
- कितना करना चाहिए?...? गायत्री-मन्त्र का जप करना चाहिए; क्योंकि प्रज्ञा की देवी वही है। कितनी माला करनी चाहिए? तीन-तीन तो क...
- कितना कष्ट होगा आप नहीं समझते?...? आपने तो नेतागिरी देखी। पार्टियों की फजीहत देखी है कि किस तरीके से फूट डाली जाती है और कैसे अलग किया ...
- कितना काम कर लिया?...? बेटे, हमने अपनी उपासना भी कर ली, चौबीस लक्ष पुरश्चरण भी कर लिए, साहित्य का निर्माण भी कर लिया और ये ...
- कितना काम करना है?...? इसी वर्ष आपका नैतिक शिक्षा का प्रशिक्षण हो चुका है। मैं समझती हूँ कि 5000 से ज्यादा शिक्षक यहाँ नैति...
- कितना किराया लगता है?...? यही कोई लगता होगा सौ-डेढ़ सौ रुपये का टिकट। नहीं साहब! कोई शॉर्टकट रास्ता बताइए। जिससे कि इतना सफर भ...
- कितना किराया लगता है?...? २६ रुपये लगते हैं। लक्ष्य निर्धारित हो गया न कि कहाँ जा रहे हैं। कहाँ जा रहे हैं साहब? बम्बई या कलकत...
- कितना किराया लगता है?...? यही कोई लगता होगा सौ-डेढ़ सौ रुपए का टिकट। नहीं साहब! कोई शॉर्टकट रास्ता बताइए। जिससे कि इतना सफर भी ...
- कितना किराया लगेगा?...? अहा! किराये की बात क्या पूछते हैं? किसी आदमी पर ढाई सौ से कम खर्च नहीं होगा। अच्छा, तो कितने आदमी जा...
- कितना दूध निकलेगा?...? चार किलो दूध निकलेगा। मम्मी तुम भी पीना, पापा तुम भी पीना, हम भी पियेंगे और अपनी छोटी बहन को भी पिला...
- कितना दे सकती हैं?...? उतना ही देंगी, जितना कि आपने चना-गुड़ से बचत की थी। रोटी खाने में चवन्नी खर्च होती थी और चना-गुड़ आपने...
- कितना देवत्व है?...? यही खोलकर आपको दिखाना चाहता था। अगर आपको ये चीजें पसन्द हों तो मैं चाहता हूँ कि आप इन चीजों को देखें...
- कितना धन होता है?...? बेटे! बहुत ही धन होता है तो महाराज जी! मुझे भी देवता बना दीजिए। मैं तुझे बना सकता हूँ, लेकिन पैसा दे...
- कितना धन होता है?...? बेटे! बहुत ही धन होता है तो महाराज जी! मुझे भी देवता बना दीजिए। मैं तुझे बना सकता हूँ लेकिन पैसा देक...
- कितना पहलवान था?...? बिलकुल पहलवान नहीं था। कमजोर-सा आदमी था, लेकिन उसकी क्वालिटी थी। आल्प्स पहाड़ के पास जाकर वह बोला—आल...
- कितना पानी चढ़ा दूँ?...? सामर्थ्य भर खूब पानी चढ़ा दे। महाराज जी! शंकर जी इतना पानी पिएँगे तो फिर पेशाब तो करेंगे ही। नहीं बे...
- कितना पानी चढ़ा दूँ?...? सामर्थ्य भर खूब पानी चढ़ा दे। महाराज जी! शंकर जी इतना मानी पिएँगे को फिर पेशाब तो करेंगे ही। नहीं बे...
- कितना पानी चाहिए बताइए?...? हमारे नहाने में दो बाल्टी लग जाता है। आपको मालूम है आप कितने में नहाते हैं? हमारे में तो दो बाल्टी ल...
- कितना पुण्य है तुम्हारा?...? सौ मन पुण्य है। ९९ मन वरदान ले जाइए। क्यों साहब! ९९ मन क्यों देते हैं? अरे बाबा! हमारे बाल-बच्चे भी ...
- कितना बड़ा कदम?...? जितना कि भागीरथ ने गंगा को जमीन पर लाने के लिये उठाया था एक और जितना दधीचि ने अपनी हड्डियों को वज्र ...
- कितना बड़ा बच्चा हुआ?...? नौ साल का हुआ। सो वे नौ किलो घी ले आए। 12 साल का हुआ, तो 12 किलो, 22 साल का हुआ, तो 22 किलो घी ले आए...
- कितना बड़ा भगवान है, आप कहाँ पर चन्दन चढ़ाते फिरेंगे?...? आप ये हिमाकत मत कीजिए।
(क्रमश:)
(गतांक से आगे)
[अपनी अमृतवाणी के इस प्रसंग में ...
- कितना बड़ा मिशन है?...? ये लड़के बाहर-ही-बाहर घूमते हैं, सो यहाँ इनको ठोंक-पीटकर हमको ठीक करना है। इनके अन्दर हमें और भी प्र...
- कितना बलिदान किया है?...? कितनी सेवा की है? नहीं साहब! हमने तो ग्यारह कापियाँ लिखी हैं। अच्छा, ग्यारह कापियाँ मुबारक हों, उसे ...
- कितना बलिदान किया है?...? कितनी सेवा की है?मित्रो! अध्यात्म की प्राचीन परम्पराएँ शालीन परम्पराएँ महान परम्पराएँ भगवान को अपनी ...
- कितना बड़ा संगठन है?...? मैं सोचता हूँ कि हिन्दुस्तान में यह पहले नम्बर का संगठन है। कहने को तो राजनैतिक पार्टियाँ अपने- ...
- कितना बड़ा है?...? इस व्याकरण के आठवें अध्याय के प्रारम्भिक सूत्र में यह बताया गया है कि शंकर भगवान् ने डमरू बजाया और डम...
- कितना बड़ा है?...? आप कल्पना नहीं कर सकते हैं। बीस साल निकल जाने दीजिए। जो जिन्दा रहें, जरा देखना गुरुजी किस आदमी का नाम...
- कितना भार उठा सकते हैं?...? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र बनाएँ, दूसरों को बड़ा मानें। स्वयंसेवक बनने में गौरव अनुभव करें। इसी में आप...
- कितना भार उठा सकते हैं?...? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र, दूसरों को बड़ा मानें। स्वयंसेवक बनने में गौरव अनुभव करें। इसी में आपका बड़...
- कितना भार उठा सकते हैं?...? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र, दूसरों को बड़ा मानें। स्वयंसेवक बनने में गौरव अनुभव करें। इसी में आपका बड़...
- कितना भार उठा सकते हैं?...? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र, दूसरों को बड़ा मानें। स्वयंसेवक बनने में गौरव अनुभव करें। इसी में आपका ब...
- कितना मालदार बनाएँगे?...? बेटे! हम आपको बहुत मालदार बनाने वाले हैं। हम आपको इतना मालदार बनाएँगे, जितने कि अमेरिकन नागरिक हैं। ...
- कितना रखना है?...? यही कोई तीन सेर, तीन छटाँक। अरे भाई! नंबरदार के डिब्बे से कुछ निकाला नहीं क्या? अरे साहब क्या नि...
- कितना लगा हुआ है?...? बारह किलो बताते हैं, पर वहाँ बहुत सोना लगा हुआ है। वहाँ पर बीस-तीस मन सोना जरूर लगा होगा। वर्मा के प...
- कितना लाभ उठाया गया है?...? मैं चाहता हूँ कि मेरे तरीके से आप लोग भी लाभ उठाएँ और उसी तरीके से लाभान्वित हों जैसे कि आपके पूर्व ...
- कितना विशाल काम करने को पड़ा है, वह कौन पूरा करेगा?...? वही शक्ति पूरा करेगी। माँ गायत्री ही पूरा करेंगी, लेकिन हाथ हमारे काम करेंगे, दिमाग हमारा काम करेगा।...
- कितना विस्तार इसका हो गया, कितना फैल गया, कितना खुल गया?...? कितना विस्तार होता जाता है? आप सुनते रहते है न, हजार कुण्ड के यज्ञीय समाचार आपको मिलते हैं। आपको २४०...
- कितना विस्तार होता जाता है?...? आप सुनते रहते है न, हजार कुण्ड के यज्ञीय समाचार आपको मिलते हैं। आपको २४०० शक्तिपीठों की स्थापना की ब...
- कितना शानदार इसका कलेजा, कितना शानदार इसका दिल, कितना शानदार इसकी जीवात्मा?...? इसने अपने सुख और भौतिक सुविधाओं को लात मार दी और अपने कर्तव्यों को प्राथमिकता दी। यह बड़ा जबरदस्त है।...
- कितना सिखाएँगे इनको सिखाने में कितना समय लगेगा?...? हमारे पास समय बहुत कम है। हमको आदमियों की जरूरत है, अगर आप स्वयं उन आदमियों में शामिल होना चाहते हों...
- कितना-कितना बिखराव पैदा होता चला गया?...? बिखराव पैदा होते हुए भी मूल सत्ता जहाँ की तहाँ है, मूल बात जहाँ की तहाँ है। अगर हिन्दू धर्म अर्थात् ...
- कितनी आमदनी होती है?...? हमारी फैक्ट्री में तो दो हजार रुपये रोज की आमदनी होती है।
शरीर से ज्यादा कीमती है बुद्धि
भाईसाह...
- कितनी आहुतियाँ दीं?...?...
- कितनी उम्र का मिला?...? साहब! कोई अठारह साल के रहे होंगे वंशी बजाते हुए, गौ-चराते हुए। अरे बेटे, वे खाँसते तो होंगे? कमर तो...
- कितनी करुणा है?...? जीवन को पवित्र बनाने की कितनी सम्वेदना है? कितना देवत्व है? यही खोलकर आपको दिखाना चाहता था। अगर आपको ...
- कितनी कीमत है?...? बीस लाख रुपये। अच्छा साहब! तैयार हैं? हाँ, कल रुपये लेकर आऊँगा। फिर उसने विचार किया और मना कर दिया क...
- कितनी खुराक देंगे?...? इसके बारे में भी तय करना पड़ा। यह कहा गया कि जिस देश के हम नागरिक हैं, जिस देश में हम रहते हैं, वहाँ...
- कितनी खुराक देंगे?...? इसके बारे में भी तय करना पड़ा। यह कहा गया कि जिस देश के हम नागरिक हैं, जिस देश में हम रहते हैं, वहाँ ...
- कितनी गरदनें कटाई होंगी?...? हमने बहुत गरदनें कटाई हैं। हमने अपना बहुत खून बहाया है, क्योंकि हम अपनी शिखा को प्यार करते हैं। जनेऊ...
- कितनी गरदनें कटाई होंगी?...? हमने बहुत गरदनें कटाई हैं। हमने अपना बहुत खून बहाया है, क्योंकि हम अपनी शिखा को प्यार करते हैं। जनेऊ...
- कितनी जिन्दगी खतम हो गई आपकी?...? साहब चालीस साल। बीस वर्ष की उम्र से हम गोरक्षा का काम करते आ रहे हैं और अब साठ साल के हैं। गऊओं की ज...
- कितनी जिन्दगी खतम हो गई आपकी?...? साहब चालीस साल। बीस वर्ष की उम्र से हम गोरक्षा का काम करते आ रहे हैं और अब साठ साल के हैं। गऊओं की ज...
- कितनी जिन्दगी निकल गई रोते-रोते, झल्लाते-झल्लाते?...? अगर भगवान की एक किरण हमारे पास आ जाती, तो हमारे चेहरे पर मुस्कराहट आ जाती; हमारे चेहरे पर सन्तोष आ ज...
- कितनी ताकत रहती है?...? झंडी में बिजली के २००० वॉट के बराबर ताकत रहती है। हरे रंग की झंडी दिखाइये, वह गाड़ी को खींचती हुई चली...
- कितनी ताकत है?...? जितनी कि राममूर्ति पहलवान में थी। राममूर्ति पहलवान अपनी ताकत से, अपनी कुब्बत से चलती गाड़ियों को रोक ...
- कितनी दवाइयाँ चाहिए और कितना खर्च चाहिए?...? आपको मालूम है क्या? कितने कमरे चाहिए, कितने इंस्ट्रूमेंट चाहिए? सौ बेड का अस्पताल किसे कहते है? ...
- कितनी दूर है?...? १२ मील दूर है। कितना किराया लगता है? २६ रुपये लगते हैं। लक्ष्य निर्धारित हो गया न कि कहाँ जा रहे हैं...
- कितनी दूरी है?...? बेटे! दूरी की हम कल्पना नहीं कर सकते। यह हमारी कल्पना से बाहर है।
नेति-नेति
मित्रो! ...
- कितनी देर बात करते हैं?...? हमने यह नियम बना रखा है कि जब कभी कोई हमसे मिलने के लिए आता है तो हमने उससे मिलने के लिए सीमित समय न...
- कितनी देर बात करते हैं?...? हमने यह नियम बना रखा है कि जब कभी कोई हमसे मिलने के लिए आता है तो हमने उससे मिलने के लिए सीमित समय न...
- कितनी पैनी है, जरा दिखाइए तो सही?...? हम तो वकील हैं। अच्छा साहब! आप वकील हैं, तो ठीक है। आपको तो बहुत अकलमंद होना चाहिए, पर आपने अपनी अक...
- कितनी पैनी है?...? हमने अध्यात्म और विज्ञान को मिलाने का निश्चय कर लिया है। दुनिया में अब तक बहुत सारे फैसले हुए हैं। ड...
- कितनी प्रजा है हमारी?...? अभी हमारी बेटे दस लाख प्रजा है और इस रजत जयन्ती वर्ष पर हमने कसम खाई है कि अपनी प्रजा में से प्रत्ये...
- कितनी फीस है?...? बारह आने। अच्छा, ले जा। पिता जी! हमारे पास कॉपी भी नहीं है, किस पर लिखें? अच्छा-चल, यह भी ले जा। स...
- कितनी बड़ी छलाँग लगा सका?...? यही आपकी अग्नि परीक्षा है। इसी में आपका गौरव और समर्पण की सार्थकता है। अपने साथियों की श्रद्धा व क्ष...
- कितनी बड़ी छलाँग लगा सका?...? यही आपकी अग्नि परीक्षा है। इसी में आपका गौरव और समर्पण की सार्थकता है। अपने साथियों की श्रद्धा व क्ष...
- कितनी बड़ी छलाँग लगा सका?...? यही आपकी अग्नि परीक्षा है। इसी में आपका गौरव और समर्पण की सार्थकता है। अपने साथियों की श्रद्धा व क्ष...
- कितनी बड़ी छलाँग लगा सका?...? यही आपकी अग्नि परीक्षा है। इसी में आपका गौरव और समर्पण की सार्थकता है। अपने साथियों की श्रद्धा व क्ष...
- कितनी बड़ी बहू लेगा?...? दीवार के बराबर। नहीं, ये दीवार तो बहुत बड़ी होती है, छोटी लूँगा। अच्छा कितनी बड़ी, इस बैलगाड़ी के बर...
- कितनी बड़ी बहू लेगा?...? दीवार के बराबर। नहीं, ये दीवार तो बहुत बड़ी होती है, छोटी लूँगा। अच्छा कितनी बड़ी, इस बैलगाड़ी के बर...
- कितनी बड़ी समस्या है और उस समस्या से संघर्ष करने के लिए कितना बड़ा काम करना चाहिए?...? वह बड़ा काम हम यों करने जा रहे हैं—सौ कुण्डीय के हिसाब से जो यज्ञ करने जा रहे हैं, वे एक लाख कुण्ड में...
- कितनी बड़ी हो जाती है?...? बेटे हम कुछ नहीं कह सकते, पर हमारे गुरु के बारे में अपना विश्वास है कि उनकी आयु 600 वर्ष से कम नहीं ...
- कितनी महँगी है?...? बेटे! बहुत महँगी होगी लोमड़ी की खाल। लोमड़ी की खाल की माँग आती है। लोमड़ी पकड़ ले और लोमड़ी की खाल बेचता ...
- कितनी महान है यह नारी जाति?...? ऐसी देवी को आपने नहीं देखा होगा। आपने पत्थर की देवी देखी होगी जो बकरे तक खा जाती है। अगर आप इस देवी ...
- कितनी महामारियों, बीमारियों का दौर आने वाला है?...? इस विकिरण की वजह से-वायु प्रदूषण की वजह से, जो आज के भटकाव ने पैदा कर दिया है। जनसंख्या की बढ़ती हु...
- कितनी माला करनी चाहिए?...? तीन, तीन तो कम से कम करनी चाहिए। ज्यादा कर सकें तो आप ज्यादा कर लीजिए। तीन क्यों? तीन इसलिए कि आत्मप...
- कितनी माला करनी चाहिए?...? तीन-तीन तो कम-से करनी चाहिए। ज्यादा कर सकें, तो आप ज्यादा कर लीजिये। तीन क्यों? तीन इसलिए कि आत्म-पर...
- कितनी रोचक कहानियाँ बनायी हैं?...? एक औरत थी, उसकी सास उसे तंग करती थी। सन्तोषी माता आयीं और उसने सास की पिटाई की। उसके बाद उसका पति तंग...
- कितनी लम्बी जिन्दगी है?...? उम्र के हिसाब से, जन्मपत्री के हिसाब से, डेट ऑफ बर्थ के हिसाब से हमारी सत्तर वर्ष उम्र होती है और वै...
- कितनी लम्बी जिन्दगी थी?...? आप पुराणों को पढ़कर देख लीजिए। सारे के सारे रघुवंशियों के गुरु वशिष्ठ थे। कौन-कौन के गुरु थे? रामचन्द...
- कितनी लम्बी जिन्दगी है?...? उम्र के हिसाब से, जन्मपत्री के हिसाब से डेट ऑफ बर्थ के हिसाब से हमारी सत्तर वर्ष उम्र होती है और वैस...
- कितनी शक्तिपीठें हैं?...? मैं समझती हूँ कि 4000 के आस-पास होंगी और 14,000 स्वाध्याय मण्डल हैं।
कितनी संख्या हो गई? सबको मिला...
- कितनी शान्ति से रह रहे हैं?...? कितने उन्नतिशील, कितने अपने आप को सम्पन्न अनुभव कर रहे हैं? पहले दृष्टिकोण को तो बदलिए।मित्रो! देवता ...
- कितनी शिक्षाएँ इसमें हैं?...? नंदिनी की तरह यह भी काम कर सकती है। एक काम यह कर सकती है-जो पाप, ताप, शोक सन्ताप, कष्ट और अभाव हमारे ...
- कितनी शिक्षाएँ इसमें हैं?...? यह भी काम कर सकती है। एक काम यह कर सकती है कि जो पाप, ताप, शोक और सन्ताप, कष्ट और अभाव जो हमारे जीवन...
- कितनी सन्तानें दीं, हम कह नहीं सकते?...? हमारी सन्तानें जहाँ पैदा होती हैं तो मूछों समेत पैदा होती हैं और लड़कियाँ पैदा होती हैं तो मैट्रिक पास...
- कितनी सहायता करेंगे?...? ये नहीं कह सकते। आपका प्रारब्ध और हमारा पुण्य—दोनों का समन्वय होकर के जितना सम्भव होगा, उतनी मदद करे...
- कितनी सारी नदियाँ, कितनी सारी नदियाँ, कितनी सारी नदियाँ लीजिये साहब हमारा पानी लीजिये, हमारा पानी लीजिये क्यों, क्यों लीजिये?...? क्योंकि वो समझते हैं कि हमारे पानी को जमा करने कि शक्ति इसमें है। और हम अपने पानी को जमा करती हैं तो...
- कितनी सेवा की है?...? नहीं साहब! हमने तो ग्यारह कापियाँ लिखी हैं। अच्छा, ग्यारह कापियाँ मुबारक हों, उसे अपने घर रखिए। हम न...
- कितनी सेवा की है?...? मित्रो! अध्यात्म की प्राचीन परम्पराएँ शालीन परम्पराएँ महान परम्पराएँ भगवान को अपनी ओर खींचती है और ख...
- कितनी हिम्मत है?...? सारे के सारे पण्डित और पुरातनवादी लोग यह कहते थे कि महिलाओं को गायत्री का जप नहीं करना चाहिए और ब्राह...
- कितने आचमन करने पड़ते हैं?...? तीन आचमन करने पड़ते हैं—''ॐ अमृतोपस्तरणमसि स्वाहा। ॐ अमृतापिधानमसि स्वाहा। ॐ सत्यं यश: श्रीर्मयि, श्र...
- कितने आदमियों को सिखाया होगा?...? मर गया? मर नहीं सकता हरिश्चन्द्र। और कौन-कौन नहीं मरा? बेटा, मेरे ख्याल से भगीरथ भी नहीं मरे। भगीरथ ...
- कितने आदमी आ गये इन फूलों को देखकर कि मैं क्या बताऊँ?...? बच्चों ने ललचाई आँखों से फूल को देखा, फलों को देखा। हर एक ने इसे देखा और पसन्द किया। यह मैं अपने जीव...
- कितने आदमी हैं?...? बीस हैं। कितने रुपये लगेंगे? तीस हजार रुपये महीने लगेंगे। पहले नौकरी दीजिए, पीछे काम लेना। यह सब कहा...
- कितने आदमी हैं?...? बहुत सारे हैं। कोई मेडिकल साइंस के पोस्ट ग्रेजुएट हैं, एम०डी० हैं, एम०एस० हैं और एम०बी० बी०एस० ह...
- कितने आदमी हैं?...? बीस हैं। कितने रुपए लगेंगे? तीस हजार रुपए महीने लगेंगे। पहले नौकरी दीजिए, पीछे काम लेना। यह सब कहाँ ...
- कितने इंजेक्शन लगे?...? एक भी नहीं लगा। वे नाराज हुए और कहने लगे कि आप लोग क्या करते रहे? आप लोगों ने इंजेक्शन क्यों नहीं ...
- कितने उदाहरण दूँ आपको?...? भगवान के अवतारों के साथ में जिन्होंने थोड़े-से भी अहसान कर दिए, वे धन्य हो गए। भगवान तो क्या महापुरुष...
- कितने उन्नतिशील, कितने अपने आप को सम्पन्न अनुभव कर रहे हैं?...? पहले दृष्टिकोण को तो बदलिए।मित्रो! देवता बनने के लिए दृष्टिकोण का बदलना आवश्यक है। देवता की बहुत सार...
- कितने का प्रमोशन करा दूँ?...? महाराज जी दो सौ रुपये महीने का करा दीजिए। अच्छा, दो सौ रुपये का प्रमोशन हो जाय, तो तू मेरा कितने घ...
- कितने का बिका ये चित्र?...? बहुत दाम का बिका। हम अखण्ड ज्योति के कवरपेज की डिजाइन बनवाते हैं। उसके लिए हमें पाँच सौ रुपये देने प...
- कितने का बिका ये चित्र?...? बहुत दाम का बिका। हम 'अखण्ड ज्योति' के कवरपेज की डिजाइन बनवाते हैं। इसके लिए हमें पाँच सौ रुपए देने ...
- कितने का लाये हो?...? ’’ सोनी जी ने कहा, ‘‘गुरुजी आप तो बस पहन लीजिये।’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘नहीं तू बता, तू कितने का लाया है...
- कितने का सामान हो गया?...? एक-दो पैसे का सामान हो गया। दो पैसे खर्च करने के बाद फिर हमने यह कहा कि पन्द्रह मिनट माला घुमा देन...
- कितने का हुआ सब?...? बताता क्यों नहीं? अरे साहब! एक रुपये का माल हो गया। सत्ताईस रुपये का तेरा श्रम और एक रुप...
- कितने का है जरा बताना?...? उसने कहा माताजी यह चार सौ रुपये का है। बेटे! चार सौ में तो एक नग भी नहीं मिलता हीरे का। इसको कहाँ से...
- कितने कार्यकर्ता हैं?...? यहाँ शान्तिकुञ्ज के स्थायी कार्यकर्ता एवं सामयिक स्वयंसेवक आए हुए हैं। एक समुदाय जो शुरू में आया था ...
- कितने की नौकरी चाहते हैं?...? तीन-चार सौ रुपये की मिल जाए, तो भी हम गुजारा कर लेंगे। बस, यही चाहते हैं न और तो कुछ नहीं चाहते? हाँ...
- कितने की लाया?...? पिताजी! चालीस पैसे की खरीद कर लाया। अच्छा तो इस गाय का क्या करेगा? दूध दुहा करूँगा। कितना दूध निकलेग...
- कितने कैंडिल का आप समझते हैं सूरज को?...? वह आपके मकान पर जलता है। आप हीटर जलाते हैं, कितनी बिजली जल जाती है? ढाई रुपये की और ये हीटर कितने रु...
- कितने कैंडिल का आप समझते हैं सूरज को?...? वह आपके मकान पर जलता है। आप हीटर जलाते हैं, कितनी बिजली जल जाती है? दाई रुपए की और ये हीटर कितने रुप...
- कितने चम्मच चाहिए?...? ग्यारह कटोरी हैं, अतः ग्यारह चम्मच लाइये। बेटे, एक से भी काम चल सकता है।
मित्रो! एक गायत्री मंत्...
- कितने चैक काटते रहते हो?...? बेटे, तीन-चार वर्ष पहले यह दस लाख रुपये का चैक काटा, कैश होकर आ गया। देख यह बना हुआ खड़ा है। अभी यह ...
- कितने चैक काटते रहते हो?...? बेटे तीन-चार वर्ष पहले यह दस लाख रुपए का चैक काटा, कैश होकर आ गया। देख यह बना हुआ खड़ा है। अभी यह ब्र...
- कितने छोकरे हो गये मन के?...? दस लड़के-एक, पाँच लड़के-एक, एक लड़का-एक, मन एक। इस तरीके से सोलह लड़के हो गये। एक ओर बेचारा मन, ...
- कितने जवान हैं?...? सत्तर और एक—अब इकहत्तरवाँ वर्ष शुरू होता है तो कितना हो सकता है? एक को इधर रख लीजिए और सात को इधर रख...
- कितने ज्यादा बुद्ध के विहार थे और कितने महिलाओं के लिए?...? यह कैसे हो गया? बेटे, इस तरीके की परम्पराओं से हो गया। कहाँ-से-कहाँ तक हुआ? बेटे, जहाँ कहीं भी अनीति ...
- कितने ज्यादा बुद्ध के विहार थे और कितने महिलाओं के लिए?...? यह कैसे हो गया? बेटे, इस तरीके की परम्पराओं से हो गया। कहाँ से कहाँ तक हुआ? बेटे, जहाँ कहीं भी अनीति ...
- कितने दाम का बनेगा?...? इसमें पचास लाख भी लग जायँ, तो अचंभा मत मानना। तो गुरुजी! यह सब कहाँ से आता है? बेटे, हमारा गुरु...
- कितने दाम का है?...? लाखों-करोड़ों का है। अच्छा तो आप बड़े मालदार हैं? हाँ बेटे, हम बड़े मालदार हैं।मित्रो! गंगा जी हमारी है...
- कितने दाम की आक्सीजन है?...? डाक्टर साहब से पूछिए कि ऑक्सीजन का सिलेंडर कितने का मँगाया था? छह सौ पचास रुपए का। एक आदमी के लिए कब...
- कितने दाम की ऑक्सीजन है?...? डॉक्टर साहब से पूछिए कि ऑक्सीजन का सिलेंडर कितने का मँगाया था? छह सौ पचास रुपये का। एक आदमी के लिए क...
- कितने दाम की साड़ी है?...? अरे दाम का क्या सोचना, दाम तो बाद में भी मिल जाएँगे। आप साड़ी ले जाइये, अजी हमारे और आपके पिताजी दो...
- कितने दाम की साड़ी है?...? अजी साहब! दाम की क्या पूछते हैं? हमारे पिताजी और आपके पिताजी तो हमेशा के जान-पहचान वाले थे। दुकान ...
- कितने दिन रहेंगे?...? दस दिन रहेंगे। पड़ाव में खूब मजा आएगा। वहाँ सस्ता भोजन मिलता है। ठहरने को फोकट में मिलता है। कोई किर...
- कितने दिन रहेंगे?...? दस दिन रहेंगे। पड़ाव में खूब मजा आएगा। वहाँ सस्ता भोजन मिलता है। ठहरने को फोकट में मिलता है। कोई किरा...
- कितने नंबर का चश्मा है?...? अरे साहब! मानइस आठ है। बिना चश्मे के पढ़ भी नहीं पाते। बिलकुल नाक पर कागज रखकर पढ़िए। बेटे, हमको यह ब...
- कितने नौकर चाहिए?...? दस हजार नौकर चाहिए। दस हजार नौकरों के लिए गड्ढे तो इतने नहीं बन सके, पर दस हजार नौकरों को मार करके च...
- कितने पैसे का लाए हो?...? हम तो साहब! चवन्नी का शेर लाए हैं। अ ह ह ह! दिखाइये जरा ये शेर लाए हैं। आप इसी शेर के बारे में कह रह...
- कितने पैसे का?...? छदाम का भी नहीं है, बाँट दे। अरे साहब! सौ आदमी आ जाएँगे तो मैं कहाँ से लाऊँगा प्रसाद? और पानी मिला द...
- कितने पैसे का?...? छदाम का भी नहीं है, बाँट दे। अरे साहब! सौ आदमी आ जाएँगे तो मैं कहाँ से लाऊँगा प्रसाद? और पानी मिला द...
- कितने पैसे की जलाई?...? चवन्नी की जलाई और क्या-क्या खर्च किया? चावल खर्च किया। धूपबत्ती खर्च हुई, रोली खर्च हुई। कितने का हु...
- कितने पैसे की है?...? दस पैसे की है, दस पैसे की बिकती है। दस पैसे की लेकर चला आया, घर आकर कहने लगा मैं तो सोने की अँगूठी ल...
- कितने प्यार और मोहब्बत से इसको हमने पाला था और देखो आज यह कहाँ फिर रहा है?...? चोरों के यहाँ फिर रहा है, भिखारियों के यहाँ फिर रहा है। कहाँ-कहाँ धक्के खा रहा है। ऐसा आप लोग मत करन...
- कितने प्रसन्नचित्त रहते हैं?...? कितना आपको सन्तोष मिलता है, सम्मान मिलता है, कितना आपको भगवान का अनुग्रह मिलता है। यही तो परीक्षा का...
- कितने फुट की चारपाई पर सोयेगा?...? छह फुट की चारपाई पर सोऊँगा। बस, छह फुट पर तो हम भी सोते हैं, गरीब भी सोते हैं। तू क्या सोता है? तू त...
- कितने बच्चे है आपके?...? ? तीन बच्चे हैं। आपको २५०० रुपए देना चाहिए। आपकी बात भी ठीक हो सकती है, परन्तु अगर हमारे अन्दर सुसंस...
- कितने बाबाजी आते हैं सन्त आते हैं कैसी कैसी अच्छी-अच्छी ज्ञान ध्यान की बातें करते हैं, पर कोई सुनता है क्या?...? नहीं, इस कान सुनकर उस कान निकाल देते हैं। पर आपने इस कान सुनकर उस कान निकाला नहीं है। अपने हृदय में ...
- कितने बुद्ध आये थे?...? ढेरों बुद्ध आये थे। हिन्दुस्तान से लेकर सारे के सारे एशिया में और योरोप में आप देखिए, कुमार जीव से ल...
- कितने मंजिल की इमारत बनेगी, सीढ़ियाँ कैसी बनेंगी?...? नक्शा कैसे बनेगा? सारी-की चीजें बना करके एक मॉडल तैयार कर लिया गया। आप दयालबाग के म्यूजियम में जाइए...
- कितने मनुष्यों के भीतर भगवान् की पुकार पैदा हुई और किन-किन सामाजिक परिस्थितियों में पैदा हुई?...? भगवान् समय-समय पर साकार रूप में भी और निराकार रूप में भी आते हैं। निराकार रूप में भगवान् किस-किसके...
- कितने मनुष्यों के भीतर भगवान की पुकार पैदा हुई और किन किन सामाजिक परिस्थितियों में पैदा हुई?...? भगवान समय-समय पर साकार रूप में भी और निराकार रूप में भी आते हैं। निराकार रूप में भगवान किस -किसके पा...
- कितने रुपए लगेंगे?...? तीस हजार रुपए महीने लगेंगे। पहले नौकरी दीजिए, पीछे काम लेना। यह सब कहाँ से आता है? श्रम के रूप में स...
- कितने रुपये लग गये?...? नौ में बारह आने के हिसाब से ७ रु० बारह मात्राओं के ६ रु० और ५२ अक्षरों के चवन्नी के हिसाब से १३ रु०।...
- कितने रुपये लगेंगे?...? तीस हजार रुपये महीने लगेंगे। पहले नौकरी दीजिए, पीछे काम लेना। यह सब कहाँ से आता है। श्रम के रूप में ...
- कितने लोग काम करते थे?...? यही कोई ४२-४३ एडवोकेट, सोलीसिटर काम करते थे। वे उनके अंडर में केस तैयार करते थे। वे एक बहुत बड़े वकी...
- कितने लोग हैं, जो अपनी रुचि, प्रगति अथवा आजीविका से सम्बन्धित विषयों की अधिक जानकारी प्राप्त करना चाहते हैं?...? पर इसके लिए न तो स्कूलों कॉलेजों में काम छोड़कर भर्ती होने जैसी उनकी परिस्थिति है और न सुविधा के सम...
- कितने लोग हैं, जो पूजाकृत्य अपनाने के साथ इस गम्भीरता में उतरते हैं और यथार्थता को समझने का प्रयत्न करते हैं?...? अन्धी भेड़चाल अपनाने पर समय की बरबादी के अतिरिक्त और कुछ हस्तगत हो भी नहीं सकता।हमें यथार्थता समझनी ...
- कितने लड़के काम करते हैं?...? इनको नौकरी देकर तो देखिए। एक-एक व्यक्ति कम से कम पंद्रह-पंद्रह सौ रुपए की नौकरी छोड़कर आया है। कितने ...
- कितने वर्ष हुए?...? चार साल हो गये। देखना जरा, अब हम काम करेंगे। अब लोगों की कशिश इकट्ठी करेंगे, आप देखना तो सही। आप ह...
- कितने समय में पूरा किया है?...? प्रतिदिन छह घण्टे में किया है। साहब! छह घण्टे में हम भी कर लें तो? आपके में और हमारे में फरक पड़ता है।...
- कितने ही क्यों?...? मैं तो सभी को कहूँगी कि हमने जो भी आवाज उठाई, वह कभी अपूर्ण नहीं रही, पूरी हुई।
सहस्त्रकुण्डीय यज्...
- कितने ही लोग ज्योतिषियों को हाथ दिखाते हैं और यह कहते हैं कि देखना हमारे हाथ में बेटा है या नहीं?...? अरे! तेरे हाथ में तो सत्यानाश लिखा है। कई लोग आकर कहते हैं कि गुरुजी मेरे औलाद नहीं है। उनसे मैं...
- कितने होने चाहिए?...? पुराने जमाने में तैंतीस कोटि मनुष्य थे यहाँ और हर आदमी का एक भगवान अलग था। अभी हम कितने हो गए हैं—सा...
- कितनों को तैयार कर लिया और कितनों को तैयार करने वाला हूँ?...? भगवान बुद्ध ऐसा करने में समर्थ हो गये थे। उन्होंने असंख्य मनुष्यों को उनकी भरी जवानी में अपना घर छ...
- कितनों से आपको खीझ पैदा होती है?...? कितनों से आपको सहयोग-समर्थन मिलता रहता है। कितनों से आपका लगाव है तो कितनों से आपको नाखुशी है। यहाँ ...
- किताब में क्या है?...? वह तो काला अक्षर भर है। हर चीज की गहराई में प्रवेश में प्रवेश कर जो आनन्द खुशी मिलती है, वह सोचने के...
- किताब में से एक-एक पन्ना पढ़ लिया और गैस पेपर खरीद कर ले आये, उसमें से थोड़े-से सवाल यहाँ से सीख लिए, थोड़े-से सवाल वहाँ से सीख लिए और जब काम पड़ेगा तब?...? जब किसी ऑफिस का इंचार्ज बनना पड़ेगा, और जब कोई बड़ा काम हाथ में आयेगा और जब अच्छे अनुवाद करने पड़ेंगे, ...
- किताबें कौन पढ़ सकता है?...? अगर आपको इतनी सुविधाएँ मिली हुई हैं आप कभी एकान्त में बैठ कर के विचार करें तो मालुम पड़ेगा कि भगवान क...
- किताबें कौन पढ़ सकता है?...? वगैरह आपको इतनी सुविधाएँ मिली हुई हैं आप कभी एकान्त में बैठकर के विचार करें तो मालूम पड़ेगा कि भगवान्...
- किधर को जाएगा?...? जिधर को जाएगा, उधर ही सफल होता चला जाएगा।
मानसिक विकृतियाँ दूर करें
बेटे! मैं थोड़ा-सा कहकर अप...
- किन मदों में किया जाय?...? किन मदों में खर्च को रोका जाय और किन मदों में खर्च बढ़ाया जाय? अर्थ सन्तुलन कैसे रखा जाय? जो आप कमाते ...
- किन मदों में खर्च को बढ़ाया जाए?...? अर्थ सन्तुलन कैसे रखा जाए? जो आप कमाते हैं, उसी हिसाब से बजट कैसे बनाया जाए? ये पूरे का पूरा गणित और...
- किन मदों में खर्च को रोका जाय और किन मदों में खर्च बढ़ाया जाय?...? अर्थ सन्तुलन कैसे रखा जाय? जो आप कमाते हैं, उसी हिसाब से बजट कैसे बनाया जाय? यह पूरे-का गणित और अर्थश...
- किन मदों में होने वाले खर्च को रोका जाए?...? किन मदों में खर्च को बढ़ाया जाए? अर्थ सन्तुलन कैसे रखा जाए? जो आप कमाते हैं, उसी हिसाब से बजट कैसे बन...
- किन योनियों में जाना पड़ेगा, न जाने कहाँ- कहाँ जाना पड़ेगा?...? कितना कष्ट उठाना पड़ेगा, यह मैंने मौत के दिन देखा। मौत की घड़ी देखी, मैंने अपनी लाश चिता के ऊपर पड़ी...
- किन योनियों में जाना पड़ेगा, न जाने कहाँ-कहाँ जाना पड़ेगा?...? कितना कष्ट उठाना पड़ेगा। यह मैंने मौत के दिन देखा। मौत की घड़ी देखी, मैंने अपनी लाश चिता के ऊपर पड़ी...
- किन, किन मदों में किया जाए?...? किन मदों में होने वाले खर्च को रोका जाए? किन मदों में खर्च को बढ़ाया जाए? अर्थ सन्तुलन कैसे रखा जाए? ...
- किन-किन कामों में खर्च कर डाली?...? आपको अभी से इसका जबाव तैयार कीजिए। आपके ये, ये जबाव माकूल नहीं है, कि हमारे पास पेट के कमाने के लिए ...
- किन-किन ने किया था?...? रीछों ने किया था, वानरों ने किया था। देवता भी बार-बार अवतार लेते रहे हैं। वे दुनिया में किस काम के ल...
- किन-किन ने किया था?...? रीछों ने किया था, वानरों ने किया था। देवता भी बार-बार अवतार लेते रहे हैं। वे दुनिया में किस काम के ल...
- किन-किनको देकर देख लिया?...? भस्मासुर को और रावण को। रावण ने इतनी तपश्चर्या की थी कि उसने काल को भी पाटी से बाँध लिया था। जिसके इ...
- किनका जँवाई बनना चाहिए?...? भगवान् जी और किसका? साईं बाबा का और किसका आचार्य जी का। हरेक का जँवाई बनना चाहिए। चल बदमाश कहीं का, ...
- किनका जँवाई बनना चाहिए?...? भगवान जी का और किसका? साईं बाबा का और किसका आचार्य जी का हर एक का जँवाई बनना चाहिए। चल बदमाश कहीं का...
- किनका नाम गिना रहा था?...? कल मैं बुद्ध का नाम गिना रहा था और यह बता रहा था कि इस कल्पवृक्ष के नीचे बैठकर के सांसारिक दृष्टि से...
- किनका फ्राड है?...? दवाफरोशों का फ्राड है, जो लोगों को सब्जबाग दिखा करके ये चीजें बेचते रहते हैं और कहते हैं हम आपकी सेह...
- किनका फ्राड है?...? दवाफरोशों का फ्राड है, जो लोगों को सब्जबाग दिखा करके ये चीजें बेचते रहते हैं और कहते हैं हम आपकी सेह...
- किनकी घटना है?...? एक कोई था चेला जिसको एक दवा कहीं से मिल गयी। वह सबसे कहता-फिरता कि सब बीमारी को ठीक कर देती है यह दव...
- किनकी बात कहूँ?...? चलिए उससे कुछ नीचे आ जाइये। अब मैं भगवान् बुद्ध की बात कहूँगा। आप अब मुझे कहने दीजिए।
मित्रो! भगवा...
- किनके गले में डाल दिया?...? उनके, जिनका मैं शमीक ऋषि नाम ले रहा हूँ। ऋषि ध्यान में बैठे थे, सो उनको कुछ पता नहीं चला। राजा परीक्...
- किनके गुलाम हैं?...? हम कुछ नहीं कर सकते। हमको इनके इशारे पर कठपुतली के तरीके से नाचना पड़ेगा। वे कौन हैं जिन्होंने हम...
- किनके लिए खरच करें?...? जो आपसे गए-बीते आदमी हैं, पिछड़े आदमी हैं। आपकी बीबी कमाती तो नहीं है? नहीं साहब! तो आप उसकी सहायता ...
- किनके लिए ‘नो वेकेन्सी’ लिखा है?...? इन बेहूदों के लिए। इनका नाम क्या है? बेहूदे। बेहूदे आदमी हर जगह मारे-मारे फिरते हैं, लात खाते फिरते ...
- किनके साथ में?...? जहाँ एक लाख पूत और सवा लाख नाती, अर्थात् सवा दो लाख आदमी रहते थे। कैसे-कैसे वैर करने वाले, विरोध करन...
- किनके हो गई थी?...? दिलीप के और फिर? फिर पाँच-सात पीढ़ी के बाद वही झगड़ा खड़ा हो गया था। फिर क्या हो गया? फिर राजा दशरथ ने ...
- किनारे पर मोती कैसे मिल जाएगा?...? ठीक इसी तरह किनारे पर बैठकर गायत्री का भजन करेंगे तो उससे क्या मिलेगा? यह तो किनारे बैठकर किनारे का ...
- किन्तु अन्यान्य सभी सम्प्रदायों को मिथ्या कैसे कहा जाय?...? विडम्बना तो यह है कि सम्प्रदायों की परिभाषा ही बदल दी गयी है। जहाँ धर्म को समग्र रूप में माना जाना च...
- किन्तु अभी भी मेरा विश्वास है कि गायत्री मात्र ब्राह्मण की कामधेनु है और किसी की है क्या?...? चोर की है? नहीं, ठग की, उठाईगीर व जालसाज की भी नहीं। साधना करने से पहले ब्राह्मण बनना पड़ता है। कपड़े ...
- किन्तु आपका मन डाल-डाल और पात-पात घूमता रहता है कि किया क्या जाए न मालूम कौन साथ दे जाए इनमें?...? शायद शंकर जी दे जाएँ, हनुमान जी दे जाएँ, चण्डी देवी दे जाए कि सन्तोषी माता दे जाए, गुरुजी दे जाएँ कि...
- किन्तु इससे क्या?...? जब तक हमारा व्यवहार न बदले तब तक उस कानूनी सुधार भर से समस्या का समाधान नहीं हो सकता।
समाज में एक ...
- किन्तु गुरुदेव ने दो-चार दिन बाद मुझसे कहा, ‘‘कहीं मुफ्त के पैसे से कोई रईस बना है क्या?...? ’’मैं अवाक् रह गया। बिना कहे ही गुरुदेव ने जान लिया। मैं उनकी सर्वज्ञता पर नत मस्तक था। फिर मैंने वह...
- किन्तु तब क्या किया जाय, जब समझदारी उलटे रास्ते चले?...? पैर ऊपर करके, हाथों के बल, धरती से सिर रगड़ते हुए चलने में विशिष्टता के अहंकार का प्रदर्शन करे।
मनुष...
- किन्तु पूज्यवर से कहे कौन?...? किसी की हिम्मत नहीं पड़ रही थी।
उनकी परेशानी देखकर, एक कार्यकर्ता से रहा नहीं गया, सो एक दिन उसने हि...
- किन्तु मैंने सुना था कि यह यथार्थ है एवं जीवन का सत्य है कि जिस तरीके से व्यक्ति को एक ब्राह्मणोचित जीवन जीना चाहिए, ब्राह्मण की परिभाषा क्या है?...? यह उन्होंने ही सभी को बताई। ब्रह्मकमल के रूप में संकेत, उसी ब्राह्मण बीज से पैदा हुए ब्रह्मसमुदाय से...
- किन्तु यदि आपने गायत्री मंत्र की क्षमताएँ व उसके भीतर छिपे रहस्य नहीं जाने तो क्या कहेंगे?...? मैं उसे नित्य कर्म करूँगा। नित्य कर्म उन बहुत कामों को कहते हैं जो रोज करना जरूरी हैं। यदि आप रोज नह...
- किन्तु विवशता का क्या किया जाय?...? प्राचीन काल में भी गुरुकुलों के कुलपति उसे नर रत्नों की टकसाल बनाकर दिखाते थे और वही प्रक्रिया अनन्त...
- किन्हीं को हमने भजन में लगा भी दिया है, पर उनमें भजन का प्रभाव बताने वाले उपरोक्त दो लक्षण उत्पन्न न हुए हों, तो हम कैसे मानें कि उन्हें सार्थक भजन करने की प्रक्रिया समझाई जा सकी?...? हमारा परिवार संगठन तभी सफल कहा जा सकता था, जब उसमें वे सम्मिलित व्यक्ति उत्कृष्टता और आदर्शवादिता की...
- किन्हीं सुविकसित और सुसंस्कृत बनने वालों के निजी दृष्टिकोण, स्वभाव और दिशा निर्धारण को समझते हुये यह देखा जाना चाहिए कि वैसा कुछ अपने से बन पड़ रहा है या नहीं?...? यदि नहीं बन पड़ रहा है तो उनका कारण और निवारण क्या हो सकता है? इस प्रकार के निर्धारण जीवन साधना के स...
- किया नहीं है, तो आप गंगा जैसे निर्मल कैसे हो सकते हैं?...? कैसे पवित्र हो सकते हैं? यह पवित्रता का दिन है।
गायत्री शोधन करती है, ज्ञान को बढ़ाती है, ऊर्जा दे...
- किया नहीं है, तो आप गंगा जैसे निर्मल कैसे हो सकते हैं?...? कैसे पवित्र हो सकते हैं? यह पवित्रता का दिन है।
गायत्री शोधन करती है, ज्ञान को बढ़ाती है, ऊर्जा...
- किया है आपने?...? नहीं एम. बी. बी. एस. नहीं किया, फिर आप डाक्टरनी कैसे हो गई? हम डाक्टर की पत्नी हैं, इसलिए हम डाक्टरन...
- किया है क्या?...? नहीं साहब, एम. ए. पास तो नहीं किया। तो कहाँ से आती है तनख्वाह? तनख्वाह यहीं तालाब में से आती है। मछल...
- किराया-भाड़ा कौन देगा?...? आप हमारे बेटे के ब्याह में चल रहे हैं, तो आने जाने का किराया-भाड़ा हम देंगे। बराती को जब आप किराया-भ...
- किराये के मकान में रह लूँगा, तो क्या हर्ज हो जायेगा?...? मेरे मन ने और मेरे ईमान ने कहा और फटाफट मैंने उसे जमाकर दिया। माता जी के पास जो पैसा था, उनके सास-...
- किराये की बात क्या पूछते हैं?...? किसी आदमी पर ढाई सौ से कम खर्च नहीं होगा। अच्छा, तो कितने आदमी जाओगे? अरे! वो लड़का जाएगा, लड़के की मा...
- किराये के मकान जब पच्चीस रुपये महीने पर मिल जाते हैं, तो डेढ़ लाख का मकान मैं क्यों बनवाऊँगा?...? मेरा अपना मकान होगा तो क्या हो जायेगा और मकान नहीं होगा तो क्या हो जायेगा? किराये के मकान में रह ल...
- किराये पर उठाना चाहे तब?...? तब इसके बहुत कम पैसे मिलेंगे। एक मजदूर को क्या मिल सकता है, बताना। देहात में पाँच-सात रुपये मिलते है...
- किराये में रहूँगा मुझे क्या करना है?...? ऐसी उपेक्षा की बात वह कर रहा था। जहाँ से कमाता है, जहाँ मौज करता है, जहाँ रहता है, जहाँ खाता है, वहा...
- किरायेदार मकान को तोड़-फोड़ करने लगे, ऑफिसर सरकारी खजाने को अपने काम लाने लगे तो मुसीबत खड़ी होगी कि नहीं?...? मोटर अपनी होने पर भी ड्राइवर निर्धारित विधि-व्यवस्था तोड़े तो दुर्घटना होनी निश्चित है। शरीर के सम्...
- किस काम के लिए?...? इस काम के लिए कि जो कुछ भी आपके पास कमाई है, वह आपकी सन्तान खाये। उन्होंने कहा—सन्तान के अलावा और ...
- किस तरीके से आप अपना जीवनयापन शुरू करेंगे?...? आपके पास अनावश्यक धन कहीं से संग्रहीत हो गया है, तो आप उसको फोड़े के तरीके से फोड़कर निकाल दें। यह आ...
- किस आधार पर मनुष्य देव शक्तियों के अनुकूल बनता है और कैसे?...? कथाएँ —— एक बन्दर और सियार में दोस्ती थी एक दिन वे दोनों जा रहे थे तब रास्ते में एक कब्रिस्तान मिला।...
- किस आधार पर?...? (७) क्या आप बता सकते हैं कि आज के होनहार बालकों में कौन से दुर्गुण अधिक पाये जाते हैं? (८) मर्यादा क...
- किस कमी के लिए, किस रूप में, किस प्रकार प्रयोग किया जाना है?...? उसका निर्धारण विशेषज्ञों द्वारा किया जाता है।(७) प्राणवानों का सान्निध्य—शक्तिपात की तांत्रिक क्रिया...
- किस काम के लिए करते है?...? साहब! हमारे पड़ोसी के ऊपर जो मुकदमा चल रहा है, वे जीत जाएँ। और किसके लिए करते? हमारे बेटियाँ न हो, ब...
- किस काम के लिए करते हैं?...? साहब! हमारे पड़ोसी के ऊपर जो मुकदमा चल रहा है, वे जीत जाएँ। और किसके लिए करते हैं? हमारे बेटियाँ न ह...
- किस काम के लिए करना चाहता है?...? अगर उन्हीं कामों के लिए जिसमें कि आदमी को अपनी मेहनत और परिश्रम के द्वारा कमाई करनी चाहिए, उसको सरल ...
- किस काम के लिए कराते हैं?...? आपको यह सवाल करना चाहिए और इसका जवाब मालूम करना चाहिए।
साथियो! रेपिटिशन इसलिए कराते हैं कि हमारा म...
- किस काम के लिए कराते हैं?...? आपको यह सवाल करना चाहिए और इसका जवाब मालूम करना चाहिए।साथियो! रेपिटिशन इसलिए कराते हैं कि हमारा मस्त...
- किस काम के लिए किया जाएगा?...? यदि घटिया काम के लिए उसका उपयोग किया जाने वाला है, तो वे कदाचित ही कभी किसी के साथ सहायता करने को तै...
- किस काम के लिए किया जाएगा?...? यदि घटिया काम के लिए उनका उपयोग किया जाने वाला है, तो वे कदाचित ही कभी किसी के साथ सहायता करने को तै...
- किस काम के लिए बुलाते हैं?...? या ऐसे ही मेहरबानी चाहते हैं? तो शान्ति आपको मिल जाएगी। क्यों साहब! नहीं आई तब? बेटे! शान्ति हमारे...
- किस काम के लिए रख रही हैं?...? इतना बड़ा गाँव है, किसी के घर मेहमान आ गया तो? साग नहीं था तो दाल से खाते थे। साग-भाजी का उन दिनों न...
- किस काम के लिए संकेत भेजा?...? बेटे एक बहुत महत्त्वपूर्ण काम था, शायद आपको अनुभव हो सका हो। यदि आपको यह अनुभव हुआ हो कि यहाँ रोजा...
- किस काम के लिए?...? आप इस काम के लिए समय लगाइए जिससे आप लोगों के दिमागों और विचारों को ठीक कर सकें। इनसान के अन्दर क्या ...
- किस काम के लिए?...? सुदामा जी बड़े गरीब थे और भिखारी थे, नंगे थे, भूखे थे। खबरदार! सुदामा जी की शान में ऐसी बात कही तो मै...
- किस काम के लिये खर्च करना चाहिए?...? आपको इस काम के लिये खर्च करना चाहिए कि लोगों के दिमाग और लोगों के विचारों को आप ठीक कर सकें। अगर विच...
- किस काम में खर्च करेंगे?...? बचा हुआ समय जाएगा कहाँ? आत्मा का कल्याण लोकसेवा के ऊपर टिका हुआ है। भगवान का भजन ही वास्तव में लोकसे...
- किस काम में लगाऊँ?...? बेटे, हमारे चिन्तन के साथ में भावनाएँ जुड़ी हुई हैं। हवन में हम आपको भावना बताते हैं, जप में हम भावना...
- किस काम में लगाऊँ?...? बेटे, हमारे चिन्तन के साथ में भावनाएँ जुड़ी हुई हैं। हवन में हम आपको भावना बताते हैं, जप में हम भावना...
- किस काम से बेटे?...? हमारे पास जो भी सम्पत्ति थी, हमने अपने तीनों बेटों में बराबर-बराबर बाँट दी। वाह! बेटे, तू तो राजा कर...
- किस कारण से लाइए?...? किसके लिए लाइए? इसकी वजह बताइए? जबकि पढ़ा-लिखाकर नौकरी से लगा दिया है। शादी-ब्याह भी कर दिया है। हर ...
- किस किस्म के हो जाएँगे?...? उस अध्यात्मवादी की तरह हो जाएँगे, जिस अध्यात्म की ओर मैं आपका ध्यान आकर्षित करने जा रहा हूँ।
आध्य...
- किस कीमत पर तुझे दर्शन दे जाएँगे?...? साहब! माला घुमाता हूँ। बेटे! तू अपनी माला को क्या समझता है—मशीनगन? खटाखट, फटाफट चलाऊँगा और सबको मार ...
- किस कीमत पर तुझे दर्शन दे जाएँगे?...? साहब! माला घुमाता हूँ। बेटे! तू अपनी को माला क्या समझता है—मशीनगन? खटाखट, फटाफट चलाऊँगा और सबको मार ...
- किस कीमत पर दिया था?...? गायत्री को माता माना था। स्त्री को माता माना था। ये क्या बात कह रहा हूँ मैं। ऋतम्भरा प्रज्ञा का यह ए...
- किस कीमत पर फायदा होना चाहिए?...? इस कीमत पर फायदा होना चाहिए कि हम अपनी गन्दी जबान की नोंक से थोड़े से हरफों का उच्चारण करते हैं। आपक...
- किस कीमत पर भगवान गोदी में ले लेगा, जरा बताना तो सही?...? भजन की कीमत पर ले लेगा। क्या होता है भजन? बकवास को भजन कहते हैं? अक्षरों के उच्चारण को भजन कहते हैं?...
- किस कृत्य का भविष्य मेें क्या परिणाम होगा?...? इसका दूरवर्ती अनुमान न लगा पाने पर तात्कालिक लाभ ही सब कुछ हो जाता है, भले ही उसके साथ अनीति ही क्यो...
- किस कॉलेज में जायेगा?...? आपके हाथ की बात है? नहीं, उसके बॉस के हाथ की बात है। वह चाहेगा तो अच्छे नम्बर दे देगा, नहीं चाहेगा त...
- किस को देंगे?...? आप शरीर को दीजिए। आपका नजदीक घर, आपका सेवक, आपका स्वामिभक्त कुत्ता है—आपका शरीर, जो चौबीस घण्टे आपके ...
- किस चीज का नाम है?...? उपासना के पीछे जो फिलॉसफी छिपी हुई है, जो तत्त्वज्ञान छिपा हुआ है, कोई सिखाने नहीं आया सिर्फ छिलके औ...
- किस चीज की बत्ती है?...? तेल की जला दी तो क्या! मिट्टी के तेल की जला दी तो क्या! और घी की जला दी तो क्या! और मोमबत्ती जला दी ...
- किस जगह जाएँ?...? किसके पास जाएँ? क्या करें वहाँ जा कर के? क्या करें?
सैरगाहों में क्या करेंगे?...
- किस जगह जाएँ?...? किसके पास जाएँ? क्या करें वहाँ जा करके? सैरगाहों में क्या करेंगे जा करके?? सैरगाहों में कितने आदमी आ...
- किस तरह करना चाहिए?...? (२) मनुष्य की प्रगति किन गुणों पर अवलम्बित है? दुर्गुणी व्यक्ति तथा सद्गुणी व्यक्ति किस प्रकार भिन्न...
- किस तरह का ध्यान रखते हैं?...? बेटे ! इस सन्दर्भ में मैं आपको द्रौपदी के तरीके से एक और घटना सुनाना चाहता हूँ। घटना बगदाद की है। एक ...
- किस तरह का ध्यान रखते हैं?...? बेटे! इस सन्दर्भ में मैं आपको द्रौपदी के तरीके से एक और घटना सुनाना चाहता हूँ। घटना बगदाद की है। एक ब...
- किस तरह के विचार कर रहे हैं?...? असम्भव बातों के भी विचार कर रहे हैं। रात को सिनेमा देखा था; फलाँ औरत देखी थी, कैसी अच्छी है! उसकी हम...
- किस तरह चलें?...? आप हमारी बात मानते हैं, तो हमारे रास्ते पर चलें और हमारा अनुकरण करें। क्या रास्ता है आपका? हमारा रास...
- किस तरह चलें?...? आप हमारी बात मानते हैं, तो हमारे रास्ते पर चलें और हमारा अनुकरण करें। क्या रास्ता है आपका? हमारा रास...
- किस तरह से इनका उन्मूलन सम्भव है?...? इनको कानून बनाकर पुलिस के द्वारा भी दूर नहीं किया जा सकता। यदि इनको कभी दूर किया जा सकेगा तो आध्यात्...
- किस तरह से खरीदा जा सकता है?...? उन्होंने मोल ले लिया, किसने? मीरा ने। मीरा ने और द्रौपदी ने जब आर्तनाद के साथ भगवान को पुकारा तो भगव...
- किस तरह से जुड़ जाएँ?...? मैं आपको कुछ थोड़े से उदाहरण बताऊँगा। जुड़ना किसे कहते हैं? आपने आग में लकड़ी को गिरते हुए देखा है न। उ...
- किस तरह से हम अपनी अन्तर्चेतना को विकसित कर सकते हैं?...? कैसे हम सम्पत्तिवान बन सकते हैं? कैसे हम सेठ आदमी बन सकते हैं? इस उपासना को मैं कल से आपको बताऊँगा।अ...
- किस तरह से?...? इस तरह से धुना है जैसे कि रुई धुनी जाती है। शुरू में रुई जरा सही होती है, लेकिन जब धुनी जाती है ...
- किस तरह से?...? बॉडीगार्ड के तरीके से, पायलट के तरीके से आगे-आगे चलते हैं और अंगरक्षक के तरीके से पीछे चलते हैं। पी०...
- किस तरीके की परम्पराएँ दिखेंगी तब?...? जैसे कि छोटे-छोटे पखेरुओं ने करके दिखाईं। गीधराज एक कोंतर में बैठा हुआ था और मजे से दिन काट रहा था। ...
- किस तरीके की परम्पराएँ दिखेंगी तब?...? जैसे कि छोटे-छोटे पखेरुओं ने करके दिखाई। गीधराज एक कोटर में बैठा हुआ था और मजे से दिन काट रहा था। ले...
- किस तरीके से जुड़ें?...? मैं आपको कुछ थोड़े-से उदाहरण बताऊँगा। आपने आग में लकड़ी को मिलते हुए देखा है? लकड़ी की क्या कीमत है! दो...
- किस तरीके से निकालें?...? हम बड़े साहस और उम्मीद के साथ उन बच्चों को निकालते हैं, खड़ा करते हैं। तब भी तू कीचड़ में जाए, तो ते...
- किस तरीके से पैदा करेंगे?...? हम एक- एक बूँद घड़े में इकट्ठा करके एक नयी सीता बनायेंगे। जिस प्रकार से ऋषियों ने एक- एक बूँद रक्त ...
- किस तरीके से फैलाया है?...? एक दिन आप आग के ऊपर लाल मिर्च जलाइए। जैसे ही आप लाल मिर्च जलायेंगे, सबको छींक और खाँसी आयेगी। यह क्य...
- किस तरीके से बनाएँ?...? इसमें एक नाम आता है—सरदार वल्लभ भाई पटेल का। उनके पिताजी का नाम था—झबेर भाई पटेल। जब वे छोटे थे, तब ...
- किस तरीके से माँ कहें?...? माँ की मान्यता आप इस तरीके से लाइए जैसे कि स्वर्गलोक में उर्वशी अर्जुन के सामने आई थी। देवताओं ने दे...
- किस तरीके से शक्ति का संग्रह किया?...? इस बात का विचार कीजिए। विचारों को विचारों से काट दीजिए। विचारों को रोका नहीं जा सकता। एक तरह के विचा...
- किस तरीके से शिक्षा फैलाई, किस तरीके से क्या-क्या फैलाया?...? अपने पास जो मालदारी थी, उसको दुनिया में बिखेरते फिरे। हमारे बुजुर्ग बहुत मालदार थे। कैसे मालदार थे? ...
- किस तरीके से हम इनके काम में आएँ?...? संस्कृति की पुकार सुनें
बेटे! हर समय हमारा यही चिन्तन बना रहता है। आपका भी होना चाहिए कि आज एक राम...
- किस तरीके से हम जिस निकृष्ट कोटि में हैं, उससे ऊँचे उठें?...? भगवान हमको वह शक्ति दीजिए, चल तो हम अपने आप लेंगे; लेकिन बगैर आपकी शक्ति के हम आगे नहीं बढ़ सकते हैं...
- किस तरीके से, सम्भव हुई?...? ये हम ‘अखण्ड-ज्योति’ के जनवरी के अंक में बतायेंगे और इक्कीसवीं सदी कैसे आयेगी? नया युग कैसे आयेगा? न...
- किस तरीके से?...? जैसे मीरा ने कर लिया था। मीरा के पास क्या था कमाल? मीरा के पास थी—श्रद्धा! श्रद्धा!! श्रद्धा!!! जो उ...
- किस दिशा में चला जाय?...? क्या किया जाय? इसके निमित्त संकल्प उठना और प्रयत्न बन पड़ना भी आत्मिक क्षेत्र का निर्धारण है। इसीलिय...
- किस नरक की अग्नि में वे झुलस रहे थे और आज इनको एक स्वर्ग तक ला पहुँचाया है, यह कैसे सम्भव हुआ?...? ऋषि विश्वामित्र ने जो तपस्या की थी, तो केवल एक के लिए नई सृष्टि स्थापित की थी।...
- किस नरक की अग्नि में वे झुलस रहे थे और आज इनको एक स्वर्ग तक ला पहुँचाया है, यह कैसे सम्भव हुआ?...? ऋषि विश्वामित्र ने जो तपस्या की थी तो केवल एक के लिए नई सृष्टि स्थापित की थी।...
- किस पर गुस्सा करेंगे?...? वाणी से खराब शब्द कैसे बोलेंगे?
मित्रो! हमारे ये तीनों तरह के मौन चलते रहते हैं। कौन-कौन से? खान...
- किस पुस्तक में है?...? इसके लिए आप हमारे गुरु श्रीनाथ चाण्डाल के पास जाइये। आपके गुरु कहाँ रहते हैं? बनारस में रहते हैं। ...
- किस प्रकार उसकी शिक्षाओं को समझ सकता है?...? और किस प्रकार हृदयंगम कर सकता है? उसके लिये तो ज्ञान से भरी पुस्तक भी रद्दी कागज से अधिक कोई मूल्य न...
- किस प्रकार उसे प्रगति पथ पर अग्रसर होने का अवसर दिया जाय?...? किस प्रकार उसे बलिष्ठ, प्रखर और परिष्कृत बनाया जाय? इसी विद्या का नाम अध्यात्म है। वह विज्ञान से कनि...
- किस प्रकार उसे बलिष्ठ, प्रखर और परिष्कृत बनाया जाय?...? इसी विद्या का नाम अध्यात्म है। वह विज्ञान से कनिष्ठ नहीं वरिष्ठ है। विज्ञान ने मनुष्य को अगणित सुविध...
- किस प्रकार की योजना और विधि व्यवस्था बनानी जुटानी पड़ेगी?...? किस स्तर की समृद्धि जुटानी पड़ेगी? इसका ऊहापोह करना समय रहते उचित भी है और आवश्यक भी, किन्तु इतना तो...
- किस बलबूते पर करे?...? राजकुमारी की आँखों से आँसू टपकने पर और कहने पर कि ‘‘को वेदान् उद्धरस्यसि?’’ अर्थात्—‘‘वेदों का उद्धा...
- किस बात का विश्वविद्यालय है?...? अपंगों के कार्यकर्ताओं को शिक्षण देने का, अपंगों, अन्धों को, लँगड़ों को, कोढ़ियों को शिक्षित करने वाले...
- किस बात की तरक्की करा दें?...? पहले योग्यता बढ़ा। नहीं साहब, योग्यता तो हम नहीं बढ़ाएँगे, हमको ऐसे ही आशीर्वाद दे दीजिए। हमारा जुआ जि...
- किस बात की तरक्की करा दें?...? पहले योग्यता बढ़ा। नहीं साहब, योग्यता तो हम नहीं बढ़ायेंगे, हमको ऐसे ही आशीर्वाद दे दीजिए। बेटा ऐसा नह...
- किस बात की देवी सहायता करे?...? नहीं साहब! हमारी मनोकामना पूरी करे। क्यों पूरी करनी चाहिए? हमने तीन माला जप किया है। ले जा अपनी माला...
- किस बात की देवी सहायता करें?...? नहीं साहब! हमारी मनोकामना पूरी करें। क्यों पूरी करनी चाहिए? हमने तीन माला जप किया है। ले जा अपनी माल...
- किस बात की निराशा?...? आपके भीतर वाले ईमान ने कहा—बेकार की बात है। जबान से तो आप नहीं कह सकते कि बेकार की बात है। इसलिए उसम...
- किस बात की मिठाई है?...? ले तू मिठाई खा ले और हमारे साथ चल। मैं कोई बच्चा हूँ जो आप मुझे बहकाने आए हैं। अरे तू बच्चा ही तो है...
- किस बात की मिठाई है?...? ले तू मिठाई रवा ले और हमारे साथ चल। मैं कोई बच्चा हूँ जो आप मुझे बहकाने आए हैं। अरे तू बच्चा ही तो ह...
- किस बात की सेवा करने आएगा?...? आपने बहुत सेवा की है, वह भी सेवा करेगा?
डरावनी अकेली होगी जिन्दगी
मित्रो! संस्कृति ...
- किस बात की सेवा करने आएगा?...? आपने बहुत सेवा की है, वह भी सेवा करेगा? डरावनी अकेली होगी जिन्दगी मित्रो! संस्कृति की सीता चली गई तो ...
- किस बात की?...? इस बात की कि आप आध्यात्मिकता के मार्ग पर चलना चाहते हैं, भगवान के रास्ते पर चलना चाहते है। अपने शरीर...
- किस बात के लिए तैयार करें?...? तीन बातों के लिए तैयार कीजिये। विश्वमाता के पेट से नये विश्व की जो रूपरेखा प्रकट होने वाली है, जो सो...
- किस बात के?...? भाव-सम्वेदनाएँ भी अपूर्ण हैं, अगर वे क्रियाकाण्डों के साथ समन्वित नहीं है। दोनों का समन्वय जरूरी है। ...
- किस बात के?...? भाव-सम्वेदनाएँ भी अपूर्ण हैं, अगर वे क्रिया-काण्डों के साथ समन्वित नहीं हैं। दोनों का समन्वय जरूरी ...
- किस बात पर ध्यान दे रहे हैं?...? कि आपका मनःसंस्थान ऊँचा हो जाए, आपकी भावनाओं का स्तर ऊँचा हो जाए, आपके जीवन का लक्ष्य ऊँचा हो जाए, ज...
- किस बेटे को?...? जिसने कि अपने जीवन को निछावर कर दिया, उस बेटे को अपनी छाती से लगाया है और उस बेटे ने क्या किया है? उ...
- किस भाव, का है?...? पहले बैठ जा, फिर बताएँगे। क्या करता है? पहले अँगीठी में डालता है, फिर कसौटी पर कसता है, तब बात, करता...
- किस माँ ने?...? गायत्री माँ ने। माँ हर समय आँचल की छाया करती रहती है, हर समय अपने प्राणों से लगाए रहती है किसको? अपन...
- किस में नफा, किस में नुकसान?...? यह प्रश्न सर्वप्रथम हल होना चाहिए। सोचा जाना चाहिए कि तात्कालिक लाभ के लिए भविष्य को अन्धकारमय बनाने...
- किस रूप में?...? गरीबी के रूप में और कंगाली के रूप में। अगर हमारे पास आध्यात्मिक दृष्टिकोण है, तो उसे हम अपने पैसे ...
- किस वजह से?...? क्या उसके हाथ-पाँव बड़े हो गये हैं? नहीं, हाथ-पाँव बड़े नहीं हुए हैं। उसके हाथ-पाँव वही हैं। उनमें को...
- किस वजह से?...? हाथ-पाँव बड़े हो गए हैं, नहीं। हाथ-पाँव बड़े नहीं हुए हैं, हाथ-पाँव उसके वही हैं। हाथ-पाँव में कोई अ...
- किस वातावरण में रही और उसकी मनःस्थिति किस तरह की रही?...? इस तरह की व्यवस्था बनाना पिता का काम है।
जिम्मेदारी पिता की भी
मित्रो! बच्चे का निर्...
- किस विधि से क्या करना चाहिए?...? उनको आता है और कर्मकाण्डों की बात सही न रही होती, तो अब तक प्रत्येक पण्डित करोड़पति हो गया होता। प्रत्...
- किस स्तर का जीवन जिया जाय?...? उसे किस प्रयोजन के लिए प्रयुक्त किया जाय? निर्धारित लक्ष्य तक पहुँचने के लिए किन मान्यताओं और गतिविध...
- किस स्तर की समृद्धि जुटानी पड़ेगी?...? इसका ऊहापोह करना समय रहते उचित भी है और आवश्यक भी, किन्तु इतना तो ध्यान रखना ही पड़ेगा कि लोगों की म...
- किस-किस के नाम गिनाऊँगा?...? रामकृष्ण परमहंस के पास भी एक खिलौना था। खिलौना? हाँ, खिलौना। खिलौना कहाँ रखा हुआ है? दक्षिणेश्वर के ...
- किस-किस के पड़े?...? आपकी बीबी के पड़े, बीबी के पड़े? बीबी ने जूते चप्पल तो नहीं मारे, पर आपके साथ ऐसा व्यवहार किया जो जू...
- किस-किस के पड़े?...? आपकी बीबी के पड़े, बीबी के पड़े? बीबी ने जूते-चप्पल तो नहीं मारे, पर आपके साथ ऐसा व्यवहार किया जो जू...
- किस-किस को कहाँ तक जवाब दिया जाए?...? अन्त में हारकर गाँधीजी के तीन गुरुओं में से एक को अपना गुरु बना ही लिया। मौन रहने से राहत मिली। ‘‘भग...
- किस-किस को कहें, शानदार शक्तियों का साथ देने वाले न जाने कहाँ से कहाँ पहुँच गए और क्या से क्या हो गए?...? इसलिए इस शिविर में हमने आपको खासतौर से यह दावत देने के लिए बुलाया है कि अगर आपका मन बड़े फायदे उठाने ...
- किस-किसके ऊपर देवता बरसे?...? बेटे, ज्यादा तो नहीं कहता मैं, औरों का हवाला तो नहीं देता, बस अपना हवाला देता हूँ कि हमारे ऊपर कौन ब...
- किस-किसके ऊपर देवता बरसे?...? बेटे, ज्यादा तो नहीं कहता मैं, औरों का हवाला तो नहीं देता, बस अपना हवाला देता हूँ कि हमारे ऊपर कौन ब...
- किसका कसूर था?...? बादल का? नहीं बादल का कसूर नहीं था। बादल तो बराबर रात भर बरसता रहा। जिन्होंने अपनी छत के ऊपर, आँगन...
- किसका टिकट आ जाता है?...? आशीर्वाद का टिकट आ जाता है।मित्रो! यह सब देखकर मुझे बड़ा क्लेश होता है, बड़ा दुःख होता है। लोगों ने तो...
- किसका पढ़ा है?...? वायसराय का पढ़ा है और मुसलमानों का इतिहास पढ़ा है। उनका मत पढ़िए। आप उनका इतिहास पढ़िए, जिनको हम महामा...
- किसका अभिशाप है?...? आध्यात्मिक असंयम का। धन के प्रति जो हमारा दृष्टिकोण है, अगर वह विकृत होता है, तो इसका शाप और पाप ह...
- किसका अर्क है?...? सौंफ का अर्क है। कैसे बनाया? हमने सौंफ को पानी में डाला, आग पर चढ़ाया और जो भाप बनी, उसे दूसरे बरतन ...
- किसका असली पिता कौन है?...? इसकी सही जानकारी अपने आप तक को नहीं होती; पर इस सम्बन्ध में माता के कथन को ही प्रामाणिक मान लिया जात...
- किसका आपरेशन करना है?...? ऐसे वरदान बाँटती थीं माताजी, जिनसे हम भी धन्य हुए।माताजी की दिव्य दृष्टि
श्री डी. पी. सिंह, श्री बी...
- किसका कर रहे हैं?...? उस पवित्रता का। एक बूँद पानी सिर पर छिड़क लिया और हो गया पवित्र। मुझे एक घटना याद आ गई—कुंभ मेले का ...
- किसका कर रहे हैं?...? उस पवित्रता का। एक बूँद पानी सिर पर छिड़क लिया और हो गया पवित्र। मुझे एक घटना याद आ गई—कुंभ के मेले क...
- किसका काम है?...? इनसानों का काम है। ऐसे इनसान, जो समर्थ हों, जिनके अन्दर दया हो। यह अस्पताल किनने बनवाया है? उनने बनवा...
- किसका काम है?...? इनसानों का काम है। ऐसे इनसान, जो समर्थ हों, जिनके अन्दर दया हो। यह अस्पताल किनने बनवाया है? उनने बनवा...
- किसका गढ़ा हुआ है?...? अपने ध्यान की, धारणा की, भावना की परिपुष्टि के लिए हमने भगवान को गढ़ा है। तो क्या भगवान की शक्ल नहीं...
- किसका गढ़ा हुआ है?...? अपने ध्यान की, धारणा की, भावना की परिपुष्टि के लिए हमने भगवान को गढ़ा है। तो क्या भगवान की शक्ल नहीं...
- किसका गृह प्रबन्ध सरकार करती है?...? किसकी दिनचर्या में उसका हस्तक्षेप होता है? विवाह शादियाँ सरकार थोड़े ही करती है? भली या बुरी राह अपना...
- किसका चबूतरा है?...? पिताजी का बना रखा है। कहाँ बना रखा है? खुले में बना रखा है। छाया में क्यों नहीं बनाया? अरे साहब! एक ...
- किसका चबूतरा है?...? पिताजी का बना रखा है। कहाँ बना रखा है? खुले में बना रखा है। छाया में क्यों नहीं बनाया? अरे साहब! एक ...
- किसका छिलका पकड़ रखा है?...? नारियल का छिलका आपने हाथ में पकड़ रखा है और गूदे को फेंक दिया है। छिलके से क्या मलतब है? छिलके से हम...
- किसका जप करना चाहिए?...? मेरे ख्याल से आपको रावण का जप करना चाहिए—रावणाय नमः, कुंभकरणाय नमः, मेघनादाय नमः, मारीचाय नमः, भस्मा...
- किसका जप करना चाहिए?...? मेरे ख्याल से आपको रावण का जप करना चाहिए-रावणाय नम:, कुंभकरणाय नम:, मेघनादाय नम :, मारीचाय नम :, भस्...
- किसका जप कराते हैं?...? भगवान का जप कराते हैं। क्यों कराते हैं? इसलिए कराते हैं कि आपके हाथ से भगवान चला गया है और आपने भगवा...
- किसका जुआ खेलते हैं?...? हमको बता दीजिये! नहीं, आपको नहीं बता सकता। अगर ये सब बातें बेकार सिद्ध हुईं—तो इसका दण्ड मुझे मिलना ...
- किसका दर्शन करने गए थे?...? साहब! बदरीनाथ का दर्शन करने गए थे। तो कर लिया दर्शन? हाँ साहब! खूब दर्शन हो गए। भीड़ तो बहुत थी, पर ...
- किसका दर्शन करने गए थे?...? साहब! बद्रीनाथ का दर्शन करने गए थे। तो कर लिया दर्शन? हाँ साहब! खूब दर्शन हो गए। भीड़ तो बहुत थी ,, प...
- किसका दीपक जलाएँ?...? कोई कहता है कि हमारे यहाँ गाय का घी है, तो कोई कहता है कि भैंस का घी है। मैं उनसे यही कहता हूँ कि गा...
- किसका ध्यान करते हैं?...? वे कहते कि हम प्रकाश का ध्यान करते हैं। तो मैंने कहा कि प्रकाश निराकार कहाँ है? प्रकाश साकार है। उसक...
- किसका नक्शा ले आए?...? चारों धाम का ले आए। बदरी, केदार जाएँगे और देखिए, यह रही गंगोत्तरी, यह रही यमुनोत्तरी। ठीक है बेटे! इ...
- किसका नक्शा ले आए?...? चारों धाम का ले आए। बद्री, केदार जाएँगे और देखिए यह रही गंगोत्री, यह रही यमुनोत्री। ठीक है बेटे! इसी...
- किसका नाच हो रहा है?...? कठपुतलियों का हो रहा है। कठपुतलियों का नहीं हो रहा, बेटे! बाजीगर की उँगलियों में बँधे हुए धागों का ह...
- किसका परिपोषण करेगा?...? सबका करेंगे। कसाई का भी करेंगे और चाण्डाल का भी करेंगे। चोर का भी करेंगे, लुच्चों का भी करेंगे। बेटे...
- किसका पल्ला पकड़ेंगे?...? आपका कहना नहीं मानेंगे तो किसका मानेंगे? आप ही हमारे हैं और हम आपके हैं। मित्रो! यह उपासना है हमारी,...
- किसका पल्ला भारी करूँ?...? किसके साथ रहूँ? उसको ऐसे आदमी की जरूरत है जो सत्यवान हो। सत्यवान माने ब्राह्मण। यह ब्राह्मण किसी वर्...
- किसका पानी पीना चाहते हैं?...? गाय का पी लेंगे। गाय का पैर धोकर पिला देंगे। किसका महात्मा जी का पिएँगे? महात्मा जी का पिला देंगे। क...
- किसका पीना चाहते हैं?...? अमुक का पीना चाहते हैं। अच्छा, हम पानी पिला देंगे कुछ भी नहीं होगा। सब पानी एक-सा। एक-से पानी से क्य...
- किसका बादशाह हूँ?...? बादलों का, आकाश का बादशाह हूँ, यह कहा करते थे।...
- किसका भला कर सकता है?...? इसलिए मित्रो! पहला गुण, आध्यात्मिकता की पहली चीज जो होती है, वह यह कि आदमी को इस लायक होना चाहिए क...
- किसका भविष्य क्या हो सकता है?...? किसके लिए हमको क्या करना चाहिए? क्या नहीं करना चाहिए? ये सारी की सारी बातें हम खुली किताब के तरीके स...
- किसका महात्मा जी का पिएँगे?...? महात्मा जी का पिला देंगे। किसका पीना चाहते हैं? अमुक का पीना चाहते हैं। अच्छा, हम पानी पिला देंगे कु...
- किसका सफाया करेगा?...? सरस्वती फिर दुनिया में रहेगी नहीं और मनुष्य जाति का अस्तित्व दुनिया में रहेगा नहीं। अकल दुनिया में ...
- किसका समाया करेगा?...? सरस्वती फिर दुनिया में रहेगी नहीं और मनुष्य जाति का अस्तित्व दुनिया में रहेगा नहीं। अकल दुनिया में ...
- किसका स्तोत्रपाठ कर रहे हैं?...? हनुमान जी का स्तोत्रपाठ कर रहे हैं। क्या-क्या कह रहे हैं— सहस्र योजन जापर भानू। लील्यो ताहि मधुर फल ...
- किसका स्थान बना दिया गया है?...? गायत्री माता का। यह गायत्री माता का चबूतरा है। अच्छा साहब! इस चबूतरे पर किसकी मूर्ति रख लूँ? बेटे! त...
- किसका स्थान बना दिया गया है?...? गायत्री माता का। यह गायत्री माता का चबूतरा है। अच्छा साहब! इस चबूतरे पर किसकी मूर्ति रख लूँ? बेटे! त...
- किसका हज कबूल कर लिया?...? जमीला का॥...
- किसका है, जिसके पीछे हमारा प्यार है?...? हमारी प्रेयसी और हमारी प्रेमिका कैसी सुन्दर और प्यारी लगती है। यह कहाँ से प्यारा लगता है? स्त्री...
- किसकी ओर से?...? भगवान् की ओर से, प्रज्ञावतार की ओर से, नये युग की ओर से, जो कि अब बिलकुल नजदीक आ गया है।इसकी जिम्म...
- किसकी कबूल की?...? उसका नाम था जमीला।
इस पर बाकी फरिश्तों ने आपत्ति की। जिब्रायल कहने लगा—"हुजूर! जमीला को हमने ...
- किसकी कबूल की?...? उसका नाम था जमीला।इस पर बाकी फरिश्तों ने आपत्ति की, जिब्रायल कहने लगा-"हुजूर। जमीला को हमने नही...
- किसकी कमी है?...? आपकी कमी है।
बेटे! हमारे यहाँ तो गुरुजी का जब कभी काम खतम होता था, तो यह कहते कि लाओ! खाना। तो मैं...
- किसकी कसम खाता है?...? जनेऊ की खाता हूँ। नहीं जनेऊ की मत खा। फिर किसकी खाऊँ? अपनी साइकिल की खा, घड़ी की खा। हाँ साहब! घ...
- किसकी कुरबानी माँगते हैं?...? उसी की तो कुरबानी माँगते हैं, जैसे कि मुसलमानों में होती है और किसी की कुरबानी नहीं होती है। एक ही ज...
- किसकी जरूरत पड़ेगी?...? पट्टी की। पट्टी क्या होती है? लकड़ी की तख्ती होती है बड़ी वाली। कलम लेते हैं और खड़िया का घोल बुदक्का म...
- किसकी जरूरत है?...? तीन चीजों की जरूरत है आपके कुटुम्बियों को। एक आपके कुटुम्बियों को जरूरत है, एक कुटुम्बियों को जरूरत ...
- किसकी टीम थी?...? देवताओं की टीम थी, जिसने हजार वर्ष की गुलामी का कलंक धोकर फेंक दिया। वह एक टीम थी, जो देवताओं के तरी...
- किसकी डालते हैं?...? ब्लाटिंग पेपर की डालते हैं, परन्तु हम आपको कह नहीं सकते। हम कहते तो यही हैं कि मलाई असली है। असली की...
- किसकी तलाश करें?...? इन्हीं स्वामी जी से कहा था कि बाल-बच्चों के बिना जीवन तो बेकार है। स्वामी जी ने कहा कि ठीक है। स्वाम...
- किसकी दिनचर्या में उसका हस्तक्षेप होता है?...? विवाह शादियाँ सरकार थोड़े ही करती है? भली या बुरी राह अपनाने के लिए सरकार किस-किस को कन्धे पर बिठाये फ...
- किसकी दुकान खोल रखी है?...? ‘शर्मा फुटवियर’ की। फुटवियर क्या होता है? अरे साहब! चप्पलों की दुकान है। आपकी दुकान चलती है? हाँ साह...
- किसकी देखी है आपने?...? लम्बी उम्र का एक आदमी हमने देखा है। रशिया के उज़्बेकिस्तान के बारे में छपता रहता है। वहाँ सौ से ज्या...
- किसकी न करें?...? फिर देवता पर भी रिश्वतखोर होने का चापलूसी पसन्द सामन्त जैसा स्तर होने का आरोप लगता है। कितने लोग हैं...
- किसकी नाव में बैठ जाइए?...? बेटे! गुरुजी की नाव में बैठ जाइए। यह मल्लाह न कभी डूबता है, न किसी को डूबने देता है। कोई खुद डूबेगा,...
- किसकी निकाल लेता है?...? रिश्तेदार की। जिसकी लड़की घर में आने वाली है, उस रिश्तेदार की, उस लड़की के भाई की, उस लड़की की माँ की आ...
- किसकी निन्दा करेंगे?...? किस पर गुस्सा करेंगे? वाणी से खराब शब्द कैसे बोलेंगे?
मित्रो! हमारे ये तीनों तरह के मौन चलते रहत...
- किसकी नौकरी करेगा?...? सवा सौर रुपये की नौकरी करूँगा। डेढ़ सौ रुपये की नौकरी करूँगा। बेटे, तू जानता है कि इस मँहगाई के जमा...
- किसकी फीस लेते थे?...? अपने व्याख्यान करने की फीस लेते थे। अपना किराया-भाड़ा हमसे अलग से वसूल करते थे और व्याख्यान के पन्द...
- किसकी बजती है?...? भगवान की बेटे। नाक के ये जो दो सुराख हैं, इसमें से कृष्ण भगवान की बाँसुरी बजती रहती है। इसे तू सुन।...
- किसकी बतलाए कि किसने कहा-इस माँ को त्यागने के लिए?...? गायत्री मंत्र जो सूर्य की तरह, धरती और हवा की तरह है, जो सबका है। पहाड़ सबका है, लेकिन हमें लोगों ने ...
- किसकी बतलाएँ कि उसने कहा—इस माँ को त्यागने के लिये?...? गायत्री मंत्र जो सूर्य की तरह, धरती और हवा की तरह है, जो सबका है। पहाड़ सबका है, लेकिन हमें लोगों ने ...
- किसकी बात कह रहा हूँ?...? मैं आध्यात्मिकता की बात कह रहा हूँ।
मित्रो! आपको मालूम है कि नहीं मालूम है कि हनुमान जी का क्या हु...
- किसकी बात कह रहे हैं?...? यह तो हम फेंकने की बात कह रहे हैं। हमने कितने दुखियारों के लिए, कितने आगे बढ़ने के इच्छुकों के लिए जो...
- किसकी बात कह रहे हैं—शीशे वाली प्रतिच्छाया की?...? नहीं बेटे ! ये भगवान की बात है। आपका ईमान, आपकी नीयत जैसी भी कुछ है, रबर की गेंद के तरीके से टक्कर म...
- किसकी बात, कि बड़े शानदार मन्दिर बनाना जरूरी है क्या?...? या बना सकते हैं क्या? समर्थ गुरु रामदास ने महावीर मन्दिर बनाए, कैसे बनाए? मिट्टी के (झोंपड़ो) मिट्टी...
- किसकी भक्ति करें?...? सिद्धान्तों की भक्ति, आदर्शों की भक्ति। भगवान क्या है? सिद्धान्तों का समुच्चय, आदर्शों का समुच्चय, श्र...
- किसकी भावसम्वेदनाओं को ऊँचा उठाने में आपकी क्या जिम्मेदारी है?...? अगर इसका ख्याल आप नहीं करते तो आपका घर रहना-न बराबर है। मैं चाहता हूँ कि आप कुटुम्बी होकर जियें, परि...
- किसकी मूर्ति बना दूँ?...? बेटे! तू बालों की गायत्री की मूर्ति बना दे। बस, यह बालों की शिखा रूप में जो गायत्री माता की मूर्ति ह...
- किसकी रखेगा इस पर?...? महाराज जी! पत्थर की रख लूँ? नहीं बेटे! अगर टोपी पहनेगा, तो दिक्कत आएगी। तो किसकी रखू? चल मैं तुझे ऐस...
- किसकी रखेगा इस पर?...? महाराज जी! पत्थर की रख लूँ? नहीं बेटे! अगर टोपी पहनेगा, तो दिक्कत आएगी। तो किसकी रखूँ? चल मैं तुझे ऐ...
- किसकी वकालत करने के लिए?...? काँग्रेस की वकालत करने के लिए और आजादी की वकालत करने के लिए।...
- किसकी वकालत करने के लिए?...? कांग्रेस की वकालत करने के लिए और आजादी की वकालत करने के लिए।...
- किसकी विधि बताएँ?...? गायत्री माता का साक्षात्कार करने की विधि बताइए। अरे अभागे! विधि तो पूछ मत। तू तो केवल रामनाम लेता चल...
- किसकी विधि बताएँ?...? भगवान के दर्शन करने की विधि बताइए। कोई विधि नहीं है बेटे! विधियों की कीमत रत्ती की नोंक के बराबर है।...
- किसकी शरण में आप हमें भेजते हैं?...? उन्होंने कहा कि हमारी जीभ लेकर के चले जाओ। उन्होंने अपनी जीभ काटकर हमारी जीभ में चिपका दी और उस जी...
- किसकी श्रद्धा एवं आत्मीयता कितनी गहरी है, इसका पता चलाने का एक मापदण्ड यह भी है कि वे विसंगतियों के बीच भी स्थिर रह पाते हैं या नहीं?...? जो अफवाहों की फँूक से उड़ सकते हैं वे वस्तुत: बहुत ही हलके और उथले होते हैं। ऐसे लोगों का साथ किसी ब...
- किसकी संगति में रहते हैं?...? आदि गतिविधियों पर दृष्टि रखें।
२०. सायंकालीन प्रार्थना एवं स्वाध्यायबालक क्या करें?
-संध्या वंदन शा...
- किसकी समस्याएँ हो गई हैं?...? गायत्री परिवार वालों की? नहीं गायत्री परिवार वालों की तो मुट्ठी भर समस्याएँ हैं। मुट्ठी भर समस्याएँ ...
- किसकी सलाह मानेंगे?...? स्वाध्याय की। स्वाध्याय का मतलब सत्संग है। सत्संग के लिए हम एक ऐसी कंपनी, एक ऐसी कमेटी और एक ऐसी सोस...
- किसकी सवारी है?...? वह हँस की है, वह सिर्फ हँस पर सवारी करती है। पेट्रोल भी नहीं खाता है। ड्राइवर भी नहीं है। लगाम, लगाम...
- किसकी सहायता कर सकता है?...? किसी सेवा कर सकता है? किसका भला कर सकता है?इसलिए मित्रो! पहला गुण, आध्यात्मिकता की पहली चीज जो होती ...
- किसकी सिद्धि की थी?...? यह किसका चमत्कार था? बेटे! यह शरीर का चमत्कार है, जिसको हम देवताओं की भूमि कहते हैं, देवताओं का मं...
- किसकी हत्या करेंगे?...? हम डाका डालने जाएँगे। तो आप डाका डालने आए हैं? भाई साहब! पैसा ले जाइए। पैसा ले जाएँ, दान दे रहा है ह...
- किसके इशारे हैं?...? वे उसी के लिए हैं, जो अध्यात्म का मूल उद्देश्य हैं, ‘आत्मसंशोधन’। सारा-का-सारा अध्यात्म इसी पर खड़ा ...
- किसके ऊपर करती हैं?...? अपने-अपने ढंग के मैग्नेट हैं। जहाँ उनका मैग्नेट होता है, वहाँ अपने आप ही हमले होते हैं। वे ह...
- किसके ऊपर दबाव डालेंगे?...? किसको प्रेस करेंगे? हम प्रयास कहाँ से करेंगे? कौन देगा और कब तक देगा? बेटे, यह माँगने से नहीं मिले...
- किसके ऊपर पड़ेगा?...? जिसने कि बच्चों को परिश्रमशील बनाने की अपेक्षा यह मुनासिब समझा कि उसके लिए हम ढेरों पैसा जमा करके जा...
- किसके खेत में?...? देवत्व के खेत में। आप तो कंजूस के तरीके से, कृपण के तरीके से, चालाक के तरीके से, लोभी के तरीके से, स...
- किसके जिम्मे थी?...? किसान की एक छोकरी के जिम्मे थी। सत्रह- अठारह वर्ष की छोकरी थी, जिसका नाम था जोन ऑफ ऑर्क। जोन ऑफ ऑर...
- किसके पास आ गया?...? नहीं गुरु के हाथ जोड़ूँगा, पैर छुऊँगा। नहीं बेटे! नहीं हो सकता। देवता की शक्ति प्राप्त करने के लिए आप...
- किसके पास कितना है?...? प्रश्न इस बात का नहीं वरन इस बात का है किसने, किस प्रकार कमाया? ठीक इसी प्रकार का यह भी प्रश्न है कि...
- किसके पास जाएँ?...? क्या करें वहाँ जा कर के? क्या करें?
सैरगाहों में क्या करेंगे?...
- किसके पास जाएँ?...? क्या करें वहाँ जा करके? सैरगाहों में क्या करेंगे जा करके?? सैरगाहों में कितने आदमी आते हैं! आपने देख...
- किसके प्रतीक हैं?...? हमारी भावना के प्रतीक हैं। भगवान के प्रतीक हैं। अगर मूर्ति को आपने समर्थ समझ लिया, मूर्ति को ही सब क...
- किसके बच्चा होने वाला है?...? भगवान जाने किसको दे दे। हमारी माँ की यही शिक्षा थी। मित्रो! विनोबा की माँ ने अपने बच्चों को ब्रह...
- किसके बारे में कह रहे थे?...? यही कह रहा था कि जो स्कीमें आपको दी हैं, जो योजनाएँ आपको दी हैं। आपको जो पच्चीसकुण्डी यज्ञ दिए हैं, उ...
- किसके रूप की बात हो रही है?...? ऊँट के। आपकी शक्ल भगवान ने जैसी बनाई है, सो आप ही आप हैं। जब ऊँट गधे के ब्याह में गया तो उसने कहा—"अ...
- किसके रूप की बात हो रही है?...? ऊँट के। आपकी शक्ल भगवान ने जैसी बनाई है, सो आप ही आप हैं। जब ऊँट गधे के ब्याह में गया तो उसने कहा-&q...
- किसके रूप में आए थे?...? गिलहरी के रूप में आए थे, शबरी के रूप में आए थे और वानरों के रूप में, हनुमान, जामवंत आदि अनेक रीछ-वान...
- किसके लिए कह रहा था?...? मैं यह कह रहा था कि बुद्धिमत्ता और विवेकशीलता अगर आपके भीतर हुई तो आप गई-गुजरी परिस्थितियों में भी अ...
- किसके लिए गए थे?...? लूट-पाट करने के लिए। लेकिन जब उनका सही रूप देखा, तब उन्होंने कहा कि जिस रास्ते पर तुम चल रहे हो न, व...
- किसके लिए जाएँगे?...? भीख मागेंगे घर-घर जा के, नहीं साहब भीख तो नहीं, घर-घर जाएँगे, ऐसे ही बीड़ी का प्रचार करेंगे। आप जा क...
- किसके लिए पूरी कराना चाहते हैं?...? हवस पूरी करने के लिए, ख्वाहिशें पूरी करने के लिए, तृष्णा को पूरी करने के लिए? हाँ साहब! हम तो ऐसा ही...
- किसके लिए बना दी?...? उनके लिए बना दी है कि जो अपने ब्याह-शादी के लिए ठहरेंगे। ब्याह-शादी में ठहरने वाले लोग कौन हैं? भूखे...
- किसके लिए बनाएँ?...? हमारी अखण्ड ज्योति के लिए बनाइए। गुरुजी! आप तो पाँच सौ रुपये तो वैसे ही दे देंगे, देखिए चित्र बनाकर ...
- किसके लिए बनाएँ?...? हमारी 'अखण्ड ज्योति' के लिए बनाइए। गुरुजी! आप तो पाँच सौ रुपए तो वैसे ही दे देंगे, देखिए चित्र बनाकर...
- किसके लिए लाइए?...? इसकी वजह बताइए? जबकि पढ़ा-लिखाकर नौकरी से लगा दिया है। शादी-ब्याह भी कर दिया है। हर दृष्टि से योग्य ...
- किसके लिए हमको क्या करना चाहिए?...? क्या नहीं करना चाहिए? ये सारी की सारी बातें हम खुली किताब के तरीके से अखण्ड दीपक के नीचे देख लेते है...
- किसके लिए हैं?...? आपकी बहू के लिए हैं। तो गुरुजी! हमको दे दीजिए। आपको नहीं दे सकते। क्यों? आप बच्चे हैं। बच्चों को...
- किसके साथ कर दिया?...? लाला चमनलाल के साथ भी कर दिया और बंशीलाल के साथ भी कर दिया। अरे बाबा! दो के साथ ब्याह क्यों कर द...
- किसके साथ चलूँ?...? किसका पल्ला भारी करूँ? किसके साथ रहूँ? उसको ऐसे आदमी की जरूरत है जो सत्यवान हो। सत्यवान माने ब्राह्म...
- किसके साथ बने?...? भगवान के साथ, भगवान कौन? भगवान आप ये मान के चल सकते हैं कि एक बहुत बड़ा (एक) बिजलीघर है, जिसके साथ-सा...
- किसके साथ योग किया जाता है?...? यह बताने से पहले मुझे यह समझाना होगा कि भगवान आखिर है क्या चीज। चलिए अब मैं यही बात शुरू करता हूँ, अ...
- किसके साथ रहूँ?...? उसको ऐसे आदमी की जरूरत है जो सत्यवान हो। सत्यवान माने ब्राह्मण। यह ब्राह्मण किसी वर्ण का नाम नहीं है...
- किसके साथ शाला जाना पसन्द करता है?...? कहाँ रुचि लेता है? आदि।
- बालक के मित्रों के साथ शालीनता का व्यवहार करें। कभी तुनक मिजाजी न दिखाएँ। ...
- किसके-किसके पास जायेंगे और कौन-कौन आपका कहना मानेगा?...? आप बताइए। फुरसत तो मिलती नहीं है। आप अपने घर में वे सारे काम कर सकते हैं। मसलन सामाजिक कुरीतियों को ...
- किसको पकड़ लिया था?...? शिवाजी को। स्वामी रामकृष्ण परमहंस विवेकानन्द के घर जाया करते थे। कहते थे कि तू चलता है कि नहीं। ...
- किसको आप क्या देंगे?...? मित्रो को क्या देंगे? दोस्तों को क्या देंगे? धन? नहीं। अपनी भावनाएँ, विचारणाएँ और ऊँचा उछाल देने वाल...
- किसको कर दिया?...? स्वर्ग को कर दिया, भगवान की प्रसन्नता को कर दिया। भगवान की प्रसन्नता, परलोक और स्वर्ग हमारे लिए डैम ...
- किसको कर दिया?...? स्वर्ग को कर दिया, भगवान की प्रसन्नता को कर दिया। भगवान की प्रसन्नता, परलोक और स्वर्ग हमारे लिए डैम ...
- किसको किसके साथ जोड़ देना?...? जीव को ब्रह्म के साथ जोड़ना, क्षुद्रता को महानता के साथ जोड़ देना। हमारी परिधियाँ, हमारी सीमाएँ बहुत...
- किसको कोढ़ी बनाएँगे?...? अब तो और कोई चपेट में नहीं आता। आदमी तो हमसे दूर भागता है। अब तो एक ही आदमी बेवकूफ रह गया है और उसका...
- किसको खिलाना है?...? सारे समाज को खिलाना है और सारे विश्व को खिलाना है। आपकी भावना चाहे छोटी-सी क्यों न हो।
आप गिल...
- किसको खींचती है?...? जो सिद्धियाँ आप चाहते हैं, उनको कशिश खींचती है। गुलाब का फूल जब खिलता है, तो भँवरों को खींचता है, ति...
- किसको खींचती है?...? जो सिद्धियाँ आप चाहते हैं, उनको कशिश खींचती है। गुलाब का फूल जब खिलता है, तो भँवरों को खींचता है, ति...
- किसको चूसते हैं?...? जो कोई भी हमारे पास आता है, हम उसको चूस जाते हैं, उसे जिन्दा नहीं छोड़ना चाहते, केवल उसकी हड्डियाँ र...
- किसको चूसते हैं?...? जो कोई भी हमारे पास आता है, हम उसको चूस जाते हैं, उसे जिन्दा नहीं छोड़ना चाहते, केवल उसकी हड्डियों रह ...
- किसको तलाश करें?...? इन्हीं स्वामी जी से कहा था कि बाल-बच्चों के बिना जीवन तो बेकार है। स्वामी जी ने कहा कि ठीक है। स्वाम...
- किसको देना चाहिए?...? सबको देना चाहिए, अपने शरीर को देना चाहिए ताकि यह धन्य हो जाए और अपने दिमाग को देना चाहिए ताकि यह शां...
- किसको देना चाहिए?...? सबको देना चाहिए, अपने शरीर को देना चाहिए, ताकि यह धन्य हो जाए और अपने दिमाग को देना चाहिए ताकि यह शा...
- किसको नरक में डाला जाएगा?...? किसको स्वर्ग में डाला जाएगा? सारा काम चौपट हुआ जा रहा है। सेक्रेटरी ने कहा कि बिना मिनिस्टर के साइन ...
- किसको नहीं मिलती?...? चलिए मैं बताता हूँ जैसे-जेलखाना। आप गिरफ्तार हो जाइए। नहीं साहब! आज तो रविवार है और आज आपको बाहर घूम...
- किसको नहीं मिलती?...? चलिए मैं बताता हूँ जैसे—जेलखाना। आप गिरफ्तार हो जाइए। नहीं साहब! आज तो रविवार है और आज आपको बाहर घूम...
- किसको पड़ेगा पाप?...? बाप को। क्यों पड़ेगा? मैं इसे कमीना कहूँगा, जिसने कमा-कमाकर किसी को दिया नहीं। बेटे को दूँगा, सब जमा...
- किसको पड़ेगा पाप?...? बाप को?? क्यों पड़ेगा? मैं इसे कमीना कहूँगा, जिसने कमा- कमाकर किसी को दिया नहीं। बेटे को दूँगा, सब जम...
- किसको पड़ेगा पाप?...? बाप को। क्यों पड़ेगा? मैं इसे कमीना कहूंगा, जिसने कमा कमाकर किसी को दिया नहीं। बेटे को दूंगा, सब जमा...
- किसको प्रेस करेंगे?...? हम प्रयास कहाँ से करेंगे? कौन देगा और कब तक देगा? बेटे, यह माँगने से नहीं मिलेगा। स्वेच्छा से जो अ...
- किसको बदल जाना?...? जमाने को? समय को? परिस्थितियों को? नहीं। न जमाना बदल सकता है, न परिस्थितियाँ बदल सकती हैं। सिर्फ आप ...
- किसको बहकाया और फुसलाया है?...? कहिए तो आपकी पोल खोल दूँ। आपने प्रेमपत्र लिखे थे कि नहीं? क्या लिखा था? तुम हमारे, हम तुम्हारे। ...
- किसको बुला रहे हैं?...? हनुमान जी को बुला रहे हैं। भगवान जी को बुला रहे है! बस, यों ही बैठे-बैठे खेल-खिलौने करता रहता है, ...
- किसको बोया है?...? अपने लोभ को बोया है और उसका जो फल मिला वह लोगों से इस बात को मंजूर करने के लिए विवश करने में सफल...
- किसको भूल गए हैं?...? भगवान को भूल गए हैं—आत्मा को भूल गए हैं—अपने आपको भूल गए हैं। हम रिकॉल करते हैं—‘हम कौन हैं? हम क्या...
- किसको मार डालेगा?...? हनुमान जी को मार डालूँगा, सन्तोषी माता को मार डालूँगा और उनकी लाश को ले आऊँगा और उससे मजा उड़ाऊँगा। ऐ...
- किसको मार डालेगा?...? हनुमान जी को मार डालूँगा, सन्तोषी माता को मार डालूँगा और उनकी लाश को ले आऊँगा और उससे मजा उड़ाऊँगा। ऐस...
- किसको रोटी नहीं मिली?...? और जिनको खूब मिली, उन्होंने कोशिश की कि रोटी के ऊपर रोटी रखकर खाएँ, पर वे खा नहीं सके। अगर उन्होंने ...
- किसको वोट देंगे?...? आपकी पार्टी को देंगे। आपकी पार्टी कौन सी है? जो भी आपकी पार्टी है, उसी को दे देंगे। नहीं साहब! आप बत...
- किसको वोट देंगे?...? आपकी पार्टी को देंगे। आपकी पार्टी कौन सी है? जो भी आपकी पार्टी है, उसी को दे देंगे। नहीं साहब! आप बत...
- किसको वोट देंगे?...? रुपया निकालिये जी। जो कोई पैसा देगा, उसी को वोट देंगे। उस दिन तो आप कह रहे थे कि गाय-बच्चा वाले को व...
- किसको वोट मिलेगा?...? आप कौन-सी पार्टी से आए हैं? पहले आप बताइये? हम तो लाल झण्डे वाले हैं। अह....हा....हा....! लाल झण्डे ...
- किसको स्वर्ग में डाला जाएगा?...? सारा काम चौपट हुआ जा रहा है। सेक्रेटरी ने कहा कि बिना मिनिस्टर के साइन के मैं कब तक काम चलाऊँगा! वार...
- किसने कहा कि धूप में खड़े हो?...? नहीं साहब! गंगा के पानी में नहाएँगे और वैकुण्ठ को जाएँगे। भगवान को ब्लैकमेल मत कीजिए। भगवान पर दबाव ...
- किसने कहा तुझसे कि सबका पोषण करना चाहिए?...? अरे साहब! वह बाबाजी कह रहा था। बाबाजी को मारा नहीं। नहीं साहब! वह कह रहा था कि सबका पोषण करना चाहिए—...
- किसने कहा था आपको रोज बच्चे पैदा करने के लिए?...? आप बिना बच्चों के जिन्दा नहीं रह सकते क्या? कम बच्चों से आपका गुजारा नहीं हो सकता? आपके जो कम बच्चे...
- किसने कहा था आपको भगवान को बहका?...? स्नान कराएँगे! बहुत स्नान कराएँगे! स्नान कराने के लिए आपको अपना श्रम, पसीना बहाना चाहिए अथवा आपको अप...
- किसने कहा था?...? समर्थ गुरु रामदास ने कहा था। उन्होंने कहा—यह कटारी लेकर के चल।
स्वामी विवेकानन्द से रामकृष्ण परमहँ...
- किसने कहा था?...? खरच बढ़ाओ। खरच में कोई कमी क्यों नहीं कर सकता? नहीं साहब, खरच तो हमारा बहुत बढ़ा हुआ है तो आमदनी बढ़ाओ ...
- किसने कहा था?...? खर्च बढ़ाओ। खर्च में कोई कमी क्यों नहीं कर सकता? नहीं साहब, खर्च तो हमारा बहुत बढ़ा हुआ है तो आमदनी बढ़...
- किसने कहा था—आल्पस पहाड़ से और आल्पस पहाड़ ने क्या जवाब दिया था?...? आल्पस पहाड़ ने जो दुनिया के लिए चुनौती माना जाता था, सबसे ऊँचा पहाड़ था, जिसके बारे में यह कहा जाता था...
- किसने कितने अक्षत चढ़ा दिये, कितनी पूजा कर दी, कितने पाठ करा दिये?...? उसी पाठ के हिसाब से उसकी मनोकामना पूरी कर दी जाए, देवताओं के जिम्मे बस यही काम रह गया है? पाठ कीजिए...
- किसने की होगी?...? जिनको अरविन्द ऋषि भी कह सकते हैं और भी कह सकते हैं और दो-पाँच का नाम ले सकते हैं, बस, खतम। बेटे! गुर...
- किसने त्याग और बलिदान के रास्ते पर कदम बढ़ाए?...? एक लाख शिष्य और सवा लाख शिष्याओं ने। उन सारे-के-सारे लोगों ने कहा कि हम आपके रास्ते पर चलेंगे। आपने ...
- किसने त्याग और बलिदान के रास्ते पर कदम बढ़ाए?...? एक लाख शिष्य और सवा लाख शिष्याओं ने, उन सारे के सारे लोगों ने कहा कि हम आपके रास्ते पर चलेंगे। आपने ...
- किसने पकड़ लिया?...? तुलसीदास ने। हम और आप पकड़ सकते हैं क्या? हम और आप नहीं पकड़ सकते। भूत तो पकड़ सकते हैं? नहीं पकड़ सकते।...
- किसने पकड़ लिया?...? तुलसीदास ने। हम और आप पकड़ सकते हैं क्या? हम और आप नहीं पकड़ सकते। भूत तो पकड़ सकते हैं? नहीं पकड़ सकत...
- किसने पूरी नहीं की?...? साहब! मंसा देवी ने पूरी नहीं की, चंडी देवी ने पूरी नहीं की, हनुमान जी ने पूरी नहीं की, साँई बाबा ने ...
- किसने प्राण फूँका?...? रामकृष्ण परमहंस ने। वो सिद्ध देवी थी? हाँ, वो सिद्ध देवी थी? काली किसकी थी? रामकृष्ण परमहंस की काली ...
- किसने मिलाई थी?...? एक थे शिवाजी और एक थे अफजल खाँ। अफजल खाँ ने कहा कि आइए भाई साहब! हम छाती से छाती मिलायेंगे और दोनों ...
- किसने शुरू कर दिया?...? बीमा कंपनियों ने। बेटे! बैंकों में यही हो रहा है। अगर आपमें से कोई आदमी बेकार हो, आपको कुछ काम न हों...
- किसमें मिल सकती है, क्यों मिलेगी?...? लेकिन ऐसा मालूम होता है कि वह सारी कल्पनाएँ जो तिलस्मी थीं अब साकार होने जा रही हैं और साथ ही बहुत क...
- किसमें होती है?...? शक्ति उसमें होती है, जिसको हम कहते हैं—श्रद्धा। हमने श्रद्धा का आरोपण किया है। किसके ऊपर? अखण्ड दीपक...
- किसलिए आयी थी?...? ये प्रतीकों का त्यौहार है। लड़कियाँ गा रही थीं—‘‘मेरी राखी।’’ मेरी से मतलब है कि नारी समाज कोई व्यक्त...
- किसलिए करता है?...? इसलिए करता हूँ, ताकि धन मिल जाए। शंकर जी के पास धन था क्या? मकान था क्या? नहीं था। कपड़ा था क्या? नह...
- किसलिए करता है?...? इसलिए करता हूँ, ताकि धन मिल जाए। शंकर जी के पास धन था क्या? मकान था क्या? नहीं था। कपड़ा था क्या? नह...
- किसलिए करते हैं?...? कुचला को इसलिए संशोधित किया हुआ है कि इससे हम वात की बीमारियों और घुटने के दरद को ठीक कर देंगे। गन्धक...
- किसलिए करते हैं?...? कुचला को इसलिए संशोधित किया हुआ है कि इससे हम बात की बीमारियों और घुटने के दरद को ठीक कर देंगे। गन्धक...
- किसलिए खड़े हैं?...? देखने के लिए खड़े हैं। अब जरा दिल की बात बता? इन सब स्त्रियों को तू देख रहा है। इनमें से ये खूबसूरत ह...
- किसलिए चुकाना पड़ता है?...? इसीलिए चुकाना पड़ता है कि उसकी दुनिया का, उसकी बेटी का पेट भरता है। बेटी की देख−भाल करता है। बेटी को ...
- किसलिए जप कराते हैं?...? जप का जो आपका ख्याल है, वह गलत है। आपका क्या ख्याल है? आपका बहुत छोटा ख्याल है। जैसी आपकी तबियत, वैस...
- किसलिए जा रहा हूँ, जलने के लिये?...? मुझे जलना है, इसीलिये जलना है कि लोगों के अन्दर वो आग और वो गरमी पैदा कर सकूँ, जो लोगों के अन्दर आग ...
- किसलिए देवमानव कहलाते थे?...? देवमानव इसलिए कहलाते थे कि उनकी विशेषताएँ देवताओं जैसी थीं। क्या विशेषताएँ होती हैं देवताओं में? देव...
- किसलिए बता रहा था?...? इसलिए कि जिस समय में हम और आप रह रहे हैं, वह ऐसा शानदार समय है कि आपकी जिन्दगी में और इतिहास में फिर ...
- किसलिए बता रहा था?...? इसलिए कि जिस समय में हम और आप रह रहे हैं, वह ऐसा शानदार समय है कि आपकी जिन्दगी में और इतिहास में फिर...
- किसलिए बड़े होते हैं?...? इसलिए कि वे किसी को भी दुःख दे करके उसका खून पी सकते हैं। वे किसी में भी दाँत गड़ा सकते हैं और कहीं ...
- किसलिए हैं और अपने अस्तित्व की सार्थकता किस प्रकार सिद्ध कर सकते हैं?...? यह आत्म-बोध यदि न हो सका तो मनुष्य शरीर होते हुए भी नर-पशु और नर-पिशाच जैसा घृणित जीवन जीना पड़ेगा। ल...
- किससे उद्धार हो जाएगा?...? बेटे, श्रद्धा से। श्रद्धा शक्ति है श्रद्धा, आध्यात्मिक जीवन में सबसे बड़ी शक्ति है। श्रद्धा का अभाव अ...
- किससे कहता है?...? उस माँगने वाले से कहता है। माँगने वाले में जद्दोजहद बराबर बनी रहती है और ऐसी बनी रहती है, जैसे कि दा...
- किससे कहता है?...? उस माँगने वाले से कहता है। माँगने वाले में जद्दोजहद बराबर बनी रहती है और ऐसी बनी रहती है, जैसी कि दा...
- किससे कहने लगा था?...? चंडी से कि हमारे कहने में चल, हमारे या हमारे भाई निशुंभ की सेवा में आ जा। देवी ने कहा, अच्छा आप हमें...
- किससे क्या बात करनी चाहिए?...? किससे नहीं करनी चाहिए? जो हम कह रहे हैं, वह दूसरे के लिए फायदेमंद है या नुकसान देय है और दूसरे आदमी ...
- किससे क्या बात करनी चाहिए?...? किससे नहीं करनी चाहिए? जो हम कह रहे हैं वह दूसरे के लिए फायदेमन्द है या नुकसानदेह है या दूसरे आदमी क...
- किससे जुड़ जाना?...? उस महान शक्ति से जुड़ जाना, जो प्रेरणा का स्रोत है। शक्ति से जुड़ जाना, उस शक्ति को पा लेना, उसके प्...
- किससे देखेगा भगवान को?...? आँखों से देखूँगा। बेटे! आँखों से मिट्टी देखी जा सकती है, भगवान नहीं देखा जा सकता। भगवान को देखने के ...
- किससे नहीं करनी चाहिए?...? जो हम कह रहे हैं, वह दूसरे के लिए फायदेमंद है या नुकसान देय है और दूसरे आदमी का दिल दुखाने वाली है? ...
- किससे नहीं करनी चाहिए?...? जो हम कह रहे हैं वह दूसरे के लिए फायदेमन्द है या नुकसानदेह है या दूसरे आदमी का दिल दुखाने वाला है—क्...
- किससे नाता तोड़ा जाय?...? जो हमें नहीं भुला पा रहे हैं, उन्हें हम कैसे भूल जाएँगे? जो साथ घुले और जुड़े हैं उनसे नाता कैसे तोड...
- किससे निहाल कर दिया था?...? बेटे, सारी दुनिया को धन दिया था, विद्या दी थी, ज्ञान दिया था। सारी दुनिया में भारतीयों का वर्चस्व छा...
- किससे निहाल कर दिया था?...? बेटे, सारी दुनिया को धन दिया था, विद्या दी थी, ज्ञान दिया था। सारी दुनिया में भारतीयों का वर्चस्व छा...
- किससे पलट देंगे?...? बेटे, हमारे पास बड़ी हिम्मत है। टिटहरी के पास हिम्मत थी और जो सीना खोलकर खड़ी हो गयी थी कि हम समुद्र...
- किससे प्यार करते हैं?...? किसी को भी प्यार करते हों। आप अपनी माता को प्यार करते हों, तो आप उनको दें। क्या दें? मान दें, सम...
- किससे बनता है?...? उस साहित्य से, जिसमें गुरुजी ने कितनी आग उड़ेली है। उसके एक-एक अक्षर को आप पढ़िए तो सही।
आप तिलमि...
- किससे बात करेंगे?...? हमको ऐसी जगह रख देते हैं, जहाँ कोई और नहीं होता हमारे अलावा। अपने आप से बात करनी है तो हमारी मरजी है...
- किससे बात करेंगे?...? किसकी निन्दा करेंगे? किस पर गुस्सा करेंगे? वाणी से खराब शब्द कैसे बोलेंगे?
मित्रो! हमारे ये तीनो...
- किससे बात करेंगे?...? हमको ऐसी जगह रख देते हैं, जहाँ कोई और नहीं होता हमारे अलावा। अपने आप से बात करनी है तो हमारी मरजी है...
- किससे बोल रहा हूँ, कौन पैर छू गया, किसने पैर छुए?...? सैकड़ों आदमी आते हैं। गुरुजी ! हमारी प्रार्थना सुनना। बेटे, इस वक्त तो सुन नहीं सकता। यह कौन कह रहा ...
- किससे माँगना चाहिए?...? देवता से माँगना चाहिए। देवता को तो देना चाहिए। "दानात् वा सा देवता।" देवताओं को सहायता करनी चाहिए। न...
- किससे माँगना चाहिए?...? देवता से माँगना चाहिए। देवता को तो देना चाहिए-'' दानात् वा सा देवता।' देवताओं को सहायता करनी चाहिए। ...
- किससे मालदार हो जाता है?...? कल्पवृक्ष के नीचे बैठकर के।...
- किससे मिलता है?...? बेटे, इससे मिलता है जीवट और साहस। गायत्री मंत्र की उपासना को, गायत्री मंत्र के तत्त्वज्ञान और फिलॉसफ...
- किससे लड़ना पड़ता है?...? अपने मन से लड़ना पड़ता है। हमारा यह मन बड़ा कमीना है। इस लड़ाई में अगर हमारी विजय हो जाती है तो समझन...
- किससे लिखते हैं?...? पार्कर की कलम से लिखते हैं। क्या कलम आवश्यक है? हाँ बहुत आवश्यक है, लेकिन अगर आपका यह ख्याल है कि कल...
- किससे लड़ना पड़ता है?...? अपने मन से। हमारा यह मन बड़ा कमीना है। इस लड़ाई में अगर हमारी विजय हो जाती है तो समझना चाहिए कि हमने त...
- किससे सम्पर्क मिलाएँ?...? भगवान से। भगवान से आप इस बीच आप सम्पर्क मिलाने की कोशिश कीजिये। और लोगों से अपने आपको पीछे हटा लीजिय...
- किससे स्नान कराया?...? चम्मच से। बस! बहका रहा है भगवान् को। बहकावे का नाम भजन रखा है आपने? किसने कहा था आपको भगवान को बहका?...
- किससे होता है पुण्य?...? इससे पुण्य होता है कि तुम अपनी थाली में एक-एक रोटी रख लो और जो कोई भी आदमी आए, उसे चारों रोटी दान कर...
- किससे होता है पुण्य?...? ? इससे पुण्य होता है कि तुम अपनी थाली में एक-एक रोटी रख लो और जो कोई भी आदमी आए, उसे चारों रोटी दान ...
- किसान एक, पहलवान दो, विद्यार्थी तीन, इन सबको जाकर आप देखिए ना, ये क्या कर रहे हैं?...? बेटे! ये तप कर रहे हैं। विद्यार्थी क्या करता है? तप करता है। पहलवान क्या करता है? तप करता है। किसान ...
- किसान क्या करता है?...? तप करता है। बेटे ! ये सारे के सारे लोग तप करने वाले हैं। और जीवात्मा को परमात्मा में मिलाने का तरीका...
- किसान ने कहा, आप कौन हैं?...? हम इंदौर के राजा हैं, जिसकी रियाया आप हैं, यह गाँव है। आप राजा साहब हैं, हमसे क्या गलती हो गई? गलती ...
- किसान ने कहा, आप कौन हैं?...? हम इंदौर के राजा हैं, जिसकी रियाया आप हैं यह गाँव है। आप राजा साहब हैं, हमसे क्या गलती हो गई? गलती क...
- किसान ने खाना तो खिला दिया, फिर यह पूछा कि आप कौन हैं?...? कैसे आए? उन्होंने कहा कि हम भजन करते हैं और खुदा की याद में चलते रहते हैं। भीख माँगते हैं। किसान ने ...
- किसान पत्तों की काट-छाँट कैसे करता है?...? रखवाली कैसे करता है? भाई साहब! यह सब बातें हम पीछे बतायेंगे, पहले हमको यह बताने दीजिए कि किसान क...
- किसी आदमी का शोषण करेंगे?...? क्या किसी आदमी के साथ में ठगबाजी करेंगे? क्या हम किसी के साथ में चालाकी करेंगे? नहीं करेंगे। तब हम...
- किसी आदमी से आप यह आशा लगाए बैठे हैं कि वह आपकी सहायता करेगा तो वह क्यों आपकी सहायता करेगा?...? 'आस बिरानी जो करे, जीवत ही मर जाए।' यह देहात की कहावत है। यह ठीक है कि वक्त मिल जाएगा तो सहायता मिल ...
- किसी आदमी से आप यह आशा लगाए बैठे हैं कि वह आपकी सहायता करेगा तो वह क्यों आपकी सहायता करेगा?...? ''आस बिरानी जो करै, जीवत ही मर जाए।'' यह देहात की कहावत है। यह ठीक है कि वक्त मिल जाएगा तो सहायता मि...
- किसी और की कहता हूँ?...? आपकी कहता हूँ। आपकी, राम-खुदा वालों की। राम-खुदा वालों की तरह ये गायत्री का मंत्र है, ये महादेव जी क...
- किसी और ने उसे पाला-पोषा, पढ़ाया तब आपको दी न?...? आदमी अहसानों से दबा हुआ है। कपड़ा जो आप पहनते हैं, दवाएँ जो इस्तेमाल करते हैं, किताबें जो आप पढ़ते है ...
- किसी और ने दी न?...? किसी और ने उसे पाला-पोषा, पढ़ाया तब आपको दी न? आदमी अहसानों से दबा हुआ है। कपड़ा जो आप पहनते हैं, दवाए...
- किसी का आशीर्वाद माँगने का हमको क्या अधिकार था?...? ठीक है, लोगों ने दिया। देने वाले बधाई के पात्र हैं। देने वाले महान हैं। देने वाले धन्यवाद के अधि...
- किसी का कल्याण हो सकेगा?...? कभी किसी का कल्याण नहीं हो सकेगा। क्यों? जो आदमी अपने जीवन में जो अपना व्यक्तित्व, चरित्र और मन और व...
- किसी का कहना माना?...? मैंने किसी का कहना नहीं माना। न मैंने अपने भाइयों का कहना माना, न बाप का कहना माना, न माँ का कहना मा...
- किसी का क्या हो गया?...? लेकिन हमारे ऊपर एक और तरह की मुसीबत आएगी, जिसकी जानकारी आपको देना चाहता हूँ। वह मुसीबत इस तरह की है ...
- किसी का मिला सहयोग?...? नहीं साहब, सब बड़े चालाक हैं और सब दुनिया बेईमान है। हाँ, आपका कहना बिल्कुल सही है। दुनिया तो है ही ...
- किसी का मिला सहयोग?...? नहीं साहब, सब बड़े चालाक हैं और सब दुनिया बेईमान है। हाँ, आपका कहना बिलकुल यहीं है। दुनिया तो है ही ...
- किसी का शरीर इतना ताकतवर हो सकता है?...? हाँ साहब! हो सकता है।
मित्रो! आदमी का दूसरा वाला हिस्सा, जिसको हम हिम्मतवाला हिस्सा कहते हैं। हिम्...
- किसी की प्रशंसा की?...? नहीं, आपने जीभ से प्रशंसा नहीं की, हर वक्त निंदा की, इसकी निंदा की, उसकी निंदा की। आप निंदा ही करते ...
- किसी की प्रशंसा की?...? नहीं, आपने जीभ से प्रशंसा नहीं की, हर वक्त निंदा की, इसकी निंदा की, उसकी निंदा की। आप निंदा ही करते ...
- किसी की बेईमानी करने, किसी को तिरस्कृत, लांछित और जलील करने की बात कैसे सोचेगा?...? अपनी छोटी-मोटी भूलों के बारे में हम यही आशा करते हैं कि लोग उन पर बहुत ध्यान न देंगे, ‘क्षमा करो और ...
- किसी की सेवा-शुश्रूषा करने लगे तो कौन रोकता है?...? केवल बुराइयों के सम्बन्ध में तो रोकथाम हो भी सकती है कि किसी के साथ में आप चोरी का व्यवहार करें, लड़ाई...
- किसी के आप मालिक बनेंगे और उसने आपका कहना न माना तब?...? तब आप हैरान, परेशान हो जाएँगे। आप अपनी धर्मपत्नी और दूसरे परिजनों के लिए अपने कर्तव्य और फर्जों को प...
- किसी के गुलाम बनेंगे तब?...? दिशाशूल है, जोगिनी सामने है, हम नहीं जा सकते। मुहूर्त खराब है। चन्द्रमा खराब है। काल राहु खराब ह...
- किसी के जिन्दगी की समस्या को हल करने का सवाल था तो आपकी अकल, आपकी बुद्धि ने ऐसी मक्कारी की कि क्या कहना?...? पैसे से लेकर समय तक हमने केवल समाज के लिए खर्च किया। यह कसा हुआ जीवन हमारा तपस्वी का जीवन है। मन्त...
- किसी के जिन्दगी की समस्या को हल करने का सवाल था तो आपकी अकल, आपकी बुद्धि ने ऐसी मक्कारी की कि क्या कहना?...? पैसे से लेकर समय तक हमने केवल समाज के लिए खर्च किया। यह कसा हुआ जीवन हमारा तपस्वी का जीवन है। मन्त्र...
- किसी के द्वार बिना कारण अपशब्द कहने पर?...?
उत्तर- एक हल्की सी मुस्कान के साथ उसकी उपेक्षा करेंगे। उसका क्रोध शान्त होने पर उसे अकेले में प्यार ...
- किसी के पास शक्ति कम है, किसी के पास गुण कम हैं, तो इससे क्या?...? अपने सभी बच्चे पिता को समान रूप से प्यारे होते हैं। जो उसके सभी बच्चों को प्यार कर सकता है, परमात्मा...
- किसी के साथ में सीता माता आ जाएँ, पार्वती माता खड़ी हों, लक्ष्मी माता खड़ी हों, गायत्री माता खड़ी हों, तो हम सीटी बजायेंगे?...? गन्दे गीत गाएँगे? गन्दे इशारे करेंगे? गन्दी आँखों से देखेंगे? आँखें खराब हो जाएँगी। तेरी आँखें फूट ज...
- किसी को अनुदान देना नहीं चाहते और बदले में न जाने क्या-से चाहते हैं?...? ऐसा नहीं हो सकता। पहले बोइए, फिर पाइए। मित्रो! देवत्व के खेत में क्या बोना पड़ेगा? एक तो ...
- किसी को अपनी मौत कहाँ दिखाई देती है?...? इसी तरह आपको जमाना बदलता हुआ दिखता है क्या? नहीं दिखाई पड़ता। आपको भगवान का चौबीसवाँ अवतार होता हुआ द...
- किसी को अपनी मौत कहाँ दिखाई देती है?...? इसी तरह आपको जमाना बदलता हुआ दिखता है क्या? नहीं दिखाई पड़ता। आपको भगवान का चौबीसवाँ अवतार होता हुआ द...
- किसी को एक पैसा आप दान दे दें या खिला दें, तो उससे क्या हो सकता है?...? लेकिन यज्ञ कर दें, तो यज्ञ हवा में शामिल होकर के इस तरीके से फैल जाता है जैसे पानी में तेल डाल दें आ...
- किसी को कम क्यों देगा?...? कोई न्यायशील पिता—सामान्य मनुष्य तक ऐसा नहीं कर सकता, तो भगवान् किस तरीके से ऐसा कर सकता है? विशेष अ...
- किसी को काट देगा तो?...? ’’ हम सब खड़े थे। सोच रहे थे, कैसे मारें? गुरुजी बोले ‘‘अच्छा! तुम लोग नहीं मारते। लाओ, मैं मार देता ...
- किसी को कोई बात खटकती हो तो खटके, मैं क्या करूँ?...? मेरे तो आप बच्चे हैं, बच्चे हैं, तो मैं तो खुलकर कहूँगी। बेटे! मुझे कहना चाहिए और मेरा अधिकार भी है।...
- किसी को क्या दे सकते हैं?...? नहीं दे सकते हैं।
बेटे! आप ऊँचा उठेंगे तो हम ऊँचा उठा देंगे। ऊँचा नहीं उठेंगे, तो फिर किस तरीके स...
- किसी को क्या बना दिया और किसी को क्या बना दिया?...? लोगों को नौकरी पर लगवा दिया। डिप्लोमा प्राप्त करना और विद्या प्राप्त करना भी कोई ज्यादा मुश्किल की ब...
- किसी को खुशी देने का सन्तोष कभी आपने चखा ही नहीं है?...? मैं कैसे कहूँ, कैसे समझाऊँ? लेने का सुख तो आपने पाया है, लेकिन देने का भी सुख कभी आपने पाया है क्य...
- किसी को गुरु का वरदान मिले तो क्या मिलना चाहिए?...? धन मिलना चाहिए। देवता मिले तो धन चाहिए। आपको कोई मंत्र सिद्ध हो जाय, तो धन चाहिए। आपके जीवन में और त...
- किसी को ज़्यादा बना-ठना देखते तो कहते, ‘‘तू राजेश खन्ना है क्या?...? बेटा! लोकसेवी को सादगी से रहना चाहिए।’’
उस जमाने में जादूगर, कठपुतली वाले अपना खेल दिखाने, बाईस्को...
- किसी को ज्यादा क्यों देगा?...? किसी को कम क्यों देगा? कोई न्यायशील पिता—सामान्य मनुष्य तक ऐसा नहीं कर सकता, तो भगवान् किस तरीके से ...
- किसी को स्वीकृति नहीं दी, क्या चक्कर है?...? ये दस हजार कहाँ से आ गए, किसकी आवाज पर निकल पड़े? बेटे, आप आवाज सुन करके ही आए हैं। शायद हमको कोई पु...
- किसी खरगोश को खाँसी होते-खाँसते देखा है क्या?...? कोई भी बीमार नहीं होता। दुनिया में एक ही बेवकूफ जानवर है, जो बार-बार बीमार होता है और उस बेवकूफ जानव...
- किसी गलती पर घर या स्कूल में डाँट पड़ने पर?...?
उत्तर- गलती के लिए तुरन्त नम्रतापूर्वक क्षमा माँगेंगे। भविष्य में गलती न करने का उन्हें अपना संकल्प ...
- किसी चिड़िया के आगे दाना फेंकते हैं तो कौन रोकता है?...? किसी की सेवा-शुश्रूषा करने लगे तो कौन रोकता है? केवल बुराइयों के सम्बन्ध में तो रोकथाम हो भी सकती है क...
- किसी छोटे बच्चे से यह पूछना कि 'हम तुम्हारा खिलौना ले लें?...? ' तुम्हारे छोटे भैया को ले जाएँ?' "तुम हमारे घर चलोगे?' "हमारे बेटे बनोगे?' आदि बातें बेतुकी-सी हैं ...
- किसी जमाने में आप ८४ लाख योनियों में एक कुत्ते भी थे क्या?...? हाँ गुरुजी जरूर रहे होंगे। बढ़ते-बढ़ते तभी तो अब आदमी बने हैं। जब कुत्ते रहे होंगे तब आपके सामने माँ-ब...
- किसी तरीके से अपना गुजारा करते थे, लेकिन जब रामचन्द्रजी के पुकारने पर चले गये, मौके को उन्होंने पहचान लिया तो क्या परिणाम हुआ?...? फिर वे ऐसे बड़े हो गये जैसे सारी जिन्दगी में कभी नहीं हुए थे। उन्होंने पहाड़ को उखाड़ा, समुद्र को लाँघा...
- किसी दूसरे आदमी ने पूछा कि तुम क्या करते हो?...? उसने कहा कि हम तो कुछ भी नहीं करते हैं। वास्तव में वह आदमी ठीक है, जो कम-से चारपाई पर बैठकर तो कर ले...
- किसी ने उनसे कहा कि आचार्य जी के बारे में आपको जानकारी है?...? अरे साहब! आचार्य जी के बारे में जानकारी क्यों नहीं होगी? कैसे? अटल बिहारी वाजपेयी ने कहा—हम एक बार द...
- किसी ने एम०ए०, बी०ए० तक शिक्षा भी प्राप्त कर ली, किन्तु वह समाज से दूर-दूर संसार की गतिविधियों से विरत आत्मलीन जैसा रहता है, न लोगों के सम्पर्क में आता है और न विचारों का आदान-प्रदान ही करता है, तो उसकी शिक्षा उसके क्या काम आ सकती है?...? इस प्रकार एकाकी रहकर वह अपनी विद्या का लाभ न स्वयं उठा पाता है और न किसी दूसरे को दे पाता है।...
- किसी ने कहा, कहाँ गए?...? अरे साहब, मन्दिर गए तो पता चला कि वहाँ से घंटी-बंटी भी कोई उठा ले गया। उन्होंने कहा, यहाँ कौन बसते है...
- किसी ने जलेबी खा ली तो क्या और मक्का की रोटी खा ली तो क्या?...? खाने के लिए आदमी को पैदा नहीं किया गया है। औलाद पैदा करने के लिए आदमी को पैदा नहीं किया गया है। खा...
- किसी ने जलेबी खा ली तो क्या और मक्का की रोटी खा ली तो क्या?...? खाने के लिए आदमी को पैदा नहीं किया गया है। औलाद पैदा करने के लिए आदमी को पैदा नहीं किया गया है। खाने...
- किसी ने जादू समझा, किसी ने तमाशा समझा, किसी ने राजा-महाराजा का आयोजन समझा, किसी ने चन्दा समझा, किसी ने क्या समझा, किसी ने क्या नहीं?...? कह नहीं सकता, लेकिन वास्तविकता यह थी कि वह मेरे गुरुदेव का चमत्कार कहिये अथवा उनकी प्रसन्नता कहिये, ...
- किसी ने देखा है स्वर्ग को?...? किसी ने देखा हो या नहीं, लेकिन मित्रो! मैंने स्वर्ग को देखा है और मैं चाहता हूँ कि आपको भी स्वर्ग ...
- किसी ने नहीं दिया था?...? नहीं, किसी ने नहीं दिया था। हमने पैसे से लिया था, अपने पैसे से नारंगी खरीदी थीं। फिर आपने क्यों नहीं...
- किसी पगले की सनक भी कहा जा सकता है, पर यदि वस्तुस्थिति पर नए सिरे से विचार किया जाए और अनुमान लगाया जाए कि यदि इस योजना के पीछे दैवी शक्ति काम कर रही होगी, तो योजना असफल होकर क्यों रहेगी?...? आकाश में सूर्य, चन्द्र और तारे टाँग देने वाली सत्ता अग्नि, जल, पवन जैसे तत्त्वों से इस निर्जीव धरातल...
- किसी बड़े परिवर्तन के लिए कोई किसलिए साहस इकट्ठा करे?...? शोषक और दुष्ट-दुराचारी अपने द्वारा उत्पीड़ित शोषित लोगों को इसी आधार पर ठण्डा करते रहे कि तुम्हारे भा...
- किसी भगवान ने छुआ?...? गायत्री ने छुआ? नहीं, अगर छुआ होता तो बेटा तू सोना हो जाता, पारस हो जाता। नहीं महाराज जी! मुझे तो दे...
- किसी भी क्षेत्र के महामानव और महापुरुष का इतिहास पढ़िए, फिर देखिए कि ऊँचे उद्देश्य के लिए, ईमानदारी से कष्ट उठाने के लिए जो आदमी तैयार हो गए, उनको सहायता मिली कि नहीं मिली?...? आप चाहे जिस क्षेत्र में देख लीजिए, लाखों की तादाद में लोगों को भगवान की सहायता, आदर्श सहायता, दैवी स...
- किसी भी क्षेत्र के महामानव और महापुरुष का इतिहास पढ़िए फिर देखिए कि ऊँचे उद्देश्य के लिए ईमानदारी से कष्ट उठाने के लिए जो आदमी तैयार हो गए उनको सहायता मिली कि नहीं मिली?...? आप चाहे जिस क्षेत्र में देख लीजिए लाखों की तादाद में लोगों को भगवान की सहायता, आदर्श सहायता, दैवी सह...
- किसी भी जीव के साथ में पक्षपात करे और किसी से न करे, ये कैसे हो सकता है?...? सारी की सारी योनियाँ और सभी जीव भगवान् को समान रूप से प्यारे थे। क्या कीड़े-मकोड़े क्या मनुष्य? सभी तो...
- किसी भी पुस्तकालय अधिकारी से पूछा जा सकता है कि आप के पाठक क्या पढ़ते और क्या माँगते हैं?...? वे लज्जा से अपना सिर झुकाये हुए निरुत्तर मिलेंगे। ऐसे पुस्तकालय कम हैं जिनमें प्रेरणाप्रद, आदर्शवादी...
- किसी मित्र के पास जाते हैं, किसी अधिकारी के पास जाते हैं तो क्या करते हैं?...? नम्र होते हैं, उसके प्रति सहज ही श्रद्धा करते हैं, तो भगवान क्या उससे भी घटिया है क्या? भगवान की दोस...
- किसी मित्र के पास जाते हैं, किसी अधिकारी के पास जाते हैं, तो क्या करते हैं?...? नम्र होते हैं उसके प्रति, सहज ही श्रद्धा करते हैं, तो भगवान उससे भी घटिया है क्या?
भगवान की दोस्त...
- किसी में तेरा मन लगता है?...? बेटे, मन को लगाना पड़ेगा। जिस तरीके से सर्कस के जानवरों को हंटर मार-मारकर के काबू में लाया जाता है ...
- किसी रोगी, घायल या दुःखिया को देख कर यथाशक्ति सहायता करते हो या चले जाते हो?...? आपको पता लगेगा कि आप क्या हो- ‘मनुष्य या पशु?’
९. सन्तोष का फल
एक बार एक देश में अकाल पड़ा। लोग भूखों ...
- किसी विचारशील ने कहा—पागल तो नहीं हो गए हो तुम?...? अरे बाबा वह तो किसी जमाने में कुछ हो गया होगा, बिल्ली बाईचान्स मर गई होगी। लकीर के फकीर बने ही रहेंग...
- किसी व्यक्ति का बारीकी के साथ निरीक्षण किया जाए और देखा जाए कि वह क्या सोचता है?...? क्या कहता है? और क्या करता है? तो पता चलेगा कि वह शरीर के बारे में सोचता है, उसी के सम्बन्ध में सम्भ...
- किसी श्रेष्ठ काम को करने की, आदर्श काम करने की लोगों में कल्पना ही नहीं आती?...? किसी की हिम्मत ही नहीं होती और हिम्मत भी की तो हमारे घरवाले नाराज हो जाएँगे। हमारी नानी नाराज हो जाए...
- किसी समय सामन्तों-नवाबों में बड़ी संख्या में औरतें रखैलें रखने की होड़ चल पड़ी थी?...? स्त्रियों से अन्तःपुर भरे रहते थे। उनमें असन्तोष और विद्रोह के भाव उठते थे।...
- किसी सिद्धान्त और आदर्श को पूरा करने के लिए आपके भीतर हिम्मत है?...? रोज विचार करते हैं और रोज काँप जाते हैं। हिम्मत के धनी चाहे वे डकैत हों; चाहे समर्थ गुरु रामदास हों;...
- किसी से आपका लगाव है?...? उनसे कोई कशिश है? आपके और उनके बीच में कोई मोहब्बत है? बेटे कोई मोहब्बत नहीं है। रोज ही हम सुनते...
- किसी से, कहाँ से माँगती?...? ’’ इस पर गुरुजी बोले, ‘‘अच्छा बेटा, माँगना नहीं किसी से। अब पहन आई है तो कोई बात नहीं, पर बेटा, यहाँ...
- किसी सेवा कर सकता है?...? किसका भला कर सकता है?इसलिए मित्रो! पहला गुण, आध्यात्मिकता की पहली चीज जो होती है, वह यह कि आदमी को...
- किसे अपने में क्या सुधार करना चाहिए और किन नई सत्प्रवृत्तियों का सम्वर्द्धन गुण, कर्म, स्वभाव के क्षेत्र में करना है?...? यह आत्म-समीक्षा के आधार पर, सही विश्लेषण होने के उपरान्त ही सम्भव है। इसके लिये कोई एक निर्धारण नहीं...
- किसे कहते हैं चोटी और कैसे धारण की जाती है?...? चोटी कहाँ से आती है? चोटी की कौन रखवाली करता है? चोटी की हम रक्षा करेंगे और जनेऊ की हम रक्षा करेंगे।...
- किसे कहते हैं तप?...? बेटे! इसके पीछे एक रहस्य छिपा हुआ है, एक उद्देश्य छिपा हुआ है। इसका उद्देश्य है—मुसीबत उठाने के लि...
- किसे कहते हैं, आप जानते नहीं है?...? प्यार एक ही चीज का नाम है, जिसमें आदमी को दिया जाता है। प्यार का अर्थ देना होता है। जिसको भी हम प्या...
- किसे कहते हैं—चोटी और कैसे धारण की जाती है?...? चोटी कहाँ से आती है? चोटी की कौन रखवाली करता है? चोटी की हम रक्षा करेंगे और जनेऊ की हम रक्षा करेंगे।...
- किसे छोड़ा जाए?...? इसमें भीतर ही भीतर अन्तर्द्वन्द्व चलता है। यही देवासुर संग्राम है। जिस पक्ष की प्रबलता होगी उसी की बा...
- किसे छोड़ा जाय?...? इसमें भीतर ही भीतर सतत् अन्तर्द्वन्द्व चलता है।धन उपार्जन में नीति-अनीति के, कर्म में श्रमशीलता और आ...
- किसे मालूम है?...? किसी को नहीं मालूम है। साहब! ये पाँच बच्चे कौन हैं? अरे साहब! ये कोई बच्चे नहीं हैं। ये देवता हैं? द...
- की नौकरी तलाशने आया था उसे रामकृष्ण परमहंस ने क्या बना दिया?...? विवेकानन्द बना दिया।विवेकानन्द कौन थे? मैं क्या बताऊँ आपको कौन थे? विवेकानन्द किसने बना दिया? काली न...
- की बीमारी में और मुसीबत के समय में आता, कहता—ये हमारी बीबी है और हमारी धर्मपत्नी है और अब आपके कितने खाबिंद हैं?...? सत्तर! अच्छा तो वो टी.बी. हो गई हमको। अरे देख! वो आते हैं न, क्या नाम है उनका? वो आते हैं न, सफेद पै...
- की, उसे वह कैसे शाप दे सकते हैं?...? एक पण्डित जी हमारे पास आए, उन्होंने कहा कि यह गायत्री मंत्र कान में कहने का मंत्र है। हमने कहा कि अच्...
- की, उसे वह शाप दे सकते हैं?...? एक आदमी हमारे ऊपर भी पी. एच. डी. कर रहा है, इस समय विदेश गया हुआ है, वह जबलपुर यूनीवर्सिटी में प्रोफ...
- कीजिए न कुछ; क्या करें?...? आप एक काम कीजिए सिर्फ और कुछ मत कीजिए कि अपनी पात्रता को विकसित कर लीजिए। ताकि हम आपकी कोई बड़ी सेवा ...
- कीड़े क्या हैं?...? कुछ भी नहीं, गन्दगी की प्रतिक्रिया हैं। अगर गन्दगी बनी रहेगी तो मच्छर जरूर पैदा होंगे। मक्खियाँ जरूर प...
- कीमती चीजों को तीन तरह से सम्भालने की बात समझ गये न?...? चोर उठायेगा, तो सन्दूक को उठायेगा और फिर अटैची को निकालेगा। जेवर का तो बाद में पता चलेगा। इसलिए समझद...
- कीर्ति किसे कहते हैं?...? कीर्ति बेटे! इसे कहते हैं कि जो आदमी अपने व्यक्तिगत जीवन में प्रामाणिक होता है, उस प्रामाणिक आदमी पर...
- कीर्ति किसे कहते हैं?...? कीर्ति बेटे, इसे कहते हैं कि जो आदमी अपने व्यक्तिगत जीवन में प्रामाणिक होता है उस प्रामाणिक आदमी को ...
- कीर्ति भी मिल सकती है क्या?...? कीर्ति के लिए बेटे, हम क्या कह सकते हैं आपको। ‘प्रजाम’ प्रजा के लिए क्या कहेंगे? अभी तो आपसे कह चुके...
- कीड़े-मकोड़े टिड्डी, खटमल भी दुनिया में रहते हैं, पर उनसे कुछ लाभ है क्या?...? मैं नहीं जानता कि क्या लाभ है, लेकिन अगर आदमी भी इसी प्रकार से ज्यादा पैदा होंगे, तो निश्चय ही दुन...
- कीड़े-मकोड़े में और आदमी में क्या फर्क है?...? बेटे, वही कसौटियाँ हैं, जिससे हम कीड़े-मकोड़े और आदमी में फर्क करते हैं। क्या फर्क है? कीड़े-मकोड़े दो...
- कीड़े-मकोड़ों को, पशु-पक्षियों को क्यों नहीं दी?...? मित्रो! यह जो फर्क है, इसलिए है कि मनुष्य को जो विशिष्टताएँ, विभूतियाँ दी गयी हैं वह इस दुनिया ...
- कुण्डलिनी किसे कहते हैं?...? बेटे ! कुण्डलिनी विवेकशीलता को कहते हैं, दूरदर्शिता को कहते हैं, आदर्शवादिता को कहते हैं। हमारी जिंदग...
- कुंभ में आने वालों का सफाया कैसे ही गया?...? जब पहले पचासों हजार आदमी आते थे अब पच्चीस हजार भी नहीं है। कितने स्नान हो चुके। वसन्त पंचमी का स्नान ...
- कुंभ में बारह लाख आदमी आये थे, तो मैं क्या करूँ?...? आप भीड़ से क्या मतलब लगाते हैं? नहीं साहब! बड़ा कुंभ का मतलब है कि हिन्दुस्तान में बड़ा धर्म फैल रह...
- कुंभकरण से लड़ने के लिए कौन तैयार हो?...? कोई तैयार नहीं हुआ। रामचंद्र जी के भाई भी आये थे, सेना को लेकर जनक जी भी आये थे, जिनकी बेटी सीता क...
- कुंभकरणों की कमी है क्या?...? नहीं, इनकी कमी नहीं है, पर वे सो गए हैं। हमारा एक काम यह भी होना चाहिए कि जहाँ कहीं भी आपको विभूति...
- कुंभकर्ण का क्या हुआ?...? बेटे, उसकी मिट्टी पलीद हो गई। क्या फायदा कर लिया उसने? कुछ नहीं कर सका।
मित्रो! इसी तरह हिरण्...
- कुएँ में डूबे हुए आदमी को निकालिए?...? कैसे निकालेंगे? झंडी दिखाइये—साहब! कुएँ में से उछलकर ऊपर आ जाइए? नहीं साहब! ऐसे तो नहीं आ सकता। फिर ...
- कुएँ में से उछलकर ऊपर आ जाइए?...? नहीं साहब! ऐसे तो नहीं आ सकता। फिर क्या करना पड़ेगा? आप अपनी मर्जी से कुएँ में गिरिए और डुबकी लगाइये ...
- कुकर्म भी करते रहते हैं, पर साथ ही भजन-पूजन के सहारे उनके दण्ड से छूट मिल जाएगी, ऐसा भी सोचते रहते हैं, यह कैसी विडम्बना है?...? कपड़े को रंगने से पूर्व धोना पड़ता है। बीज बोने से पूर्व जमीन जोतनी पड़ती है। भगवान का अनुग्रह अर्जित क...
- कुछ और जप-तप कराना है क्या?...? उन्होंने कहा कि जो जप-तप कराना था, वह तो हो गया। मैंने कहा कि घर जाकर राम का नाम लीजिए। जाइये, अब ...
- कुछ और है आपके पास?...? नहीं बेटे! हम खालिस ब्राह्मण हैं। खालिस ब्राह्मण क्या कर सकते हैं? शरीर को ढकने के लिए हमको कपड़े की...
- कुछ और है आपके पास?...? नहीं बेटे ! हम खालिस ब्राह्मण हैं। खालिस ब्राह्मण क्या कर सकते हैं? शरीर को ढकने के लिए हमको कपड़े क...
- कुछ करने के लिए साधन कहाँ से पाऊँ?...? इन जिज्ञासाओं का सामाधान आकाशवाणी ने किया और कहा—गायत्री के माध्यम से तप करें, आवश्यक मार्गदर्शन भीत...
- कुछ काम नहीं कर पायेंगी?...? बेटा, मैं अभी भी 100 लोगों का खाना बना सकती हूँ।’’ वह बहन बेचारी हैरान रह गई कि मेरे मन में विचार बा...
- कुछ खाने- पीने का इंतजाम है कि नहीं?...? एक महीने तूने पानी से स्नान तो करा दिया, परन्तु खाने का कोई इंतजाम नहीं किया। हाँ महाराज जी। खाने ...
- कुछ खास फायदा नहीं हो सकता, तो देवता प्रसन्न हो जायेंगे?...? बेटे, मैं कुछ कह नहीं सकता।...
- कुछ घण्टे ऐसे हैं उन्हें यदि प्रमाद में गँवा दिये जायें, तो अब वह गया समय लौटकर फिर किस प्रकार आ सकेगा?...? युग-परिवर्तन की वेला ऐतिहासिक, असाधारण अवधि है। इसमें जिनका जितना पुरुषार्थ होगा, वह उतना ही उच्च को...
- कुछ ताकत आई कि नहीं?...? अरे साहब! अभी तो एक किलो ही पिया है। अभी ताकत दिखाई नहीं पड़ती। अच्छा तो हमारे पास आइए। हम आपको मिल्...
- कुछ तो होना चाहिए न?...? नहीं साहब! हम सेवा करेंगे। आप किससे सेवा करेंगे? अकल आपके पास है नहीं, शरीर आपके पास है नहीं। स्व...
- कुछ देने को भी है बेटा?...? नहीं माताजी। एक कौड़ी भी नहीं है। और लेने को? अहा लेने को तो सुन लो आप, सुनते-सुनते थक जाएँगे, हम कह...
- कुछ ने कहा—‘‘ अरे यह क्या?...? आपको तो बड़े-बड़े आदमियों से मिलना पड़ता है। इस विचित्र पोशाक में उनसे कैसे मिलेंगे?’’‘‘स्वयं सूटेड-...
- कुछ पास भी है क्या?...? हाँ, पाँचवें दरजे तक पढ़ा हूँ। तो फिर कलेक्टर कैसे बनवा दूँ। अरे! आपकी तो जान पहचान है। ऐसे ही तीर-त...
- कुछ पास भी है क्या?...? हाँ, पाँचवें दरजे तक पढा हूँ। तो फिर कलेक्टर कैसे बनवा दूँ? अरे! आपकी तो जान−पहचान है। ऐसे ही तीर- त...
- कुछ बचत नहीं होती, वृद्धावस्था में दूसरों के आश्रित रहते हैं, बच्चों के विवाह तक नहीं कर पाते, पुत्रों को उच्च शिक्षा या अपनी महत्त्वाकांक्षाएँ पूर्ण नहीं कर पाते, लेकिन क्यों?...? कभी आपने सोचा है कि आपका वेतन क्यों २० तारीख को समाप्त हो जाता है? आप असन्तुष्ट झुँझलाये से क्यों रहत...
- कुछ भी तो नहीं है, सिवाय आफत पैदा करने के और दिमाग खराब करने के, पुरानी गप्पबाजियाँ खड़ी करने के, अपना समय और दूसरों का समय बर्बाद करने के अलावा क्या है कथा?...? इसलिए कथा भी उन्होंने बनाई और कथा की परम्परा को जिन्दा रखा और ऐसे शानदार ढंग से जिन्दा रखा कि मजा आ ...
- कुछ मिला है क्या?...? आपको कुछ विशेषता मालूम पड़ती है हममें? कुछ विशेषता नहीं मालूम पड़ती। हमने पाया और किसी प्रयोजन में ख...
- कुछ लेंगे-देंगे तो नहीं?...? देना क्या है? आप चले जाइए। जैसे अपने पाँव से आए थे, उसी पाँव से चले जाइए। अरे भाई! हम तो इसीलिए आए थ...
- कुछ लोग कौन होते हैं?...? हमको मिलेंगे? आपको भी मिल सकते हैं, नहीं भी मिल सकते हैं। तो क्या यह बँट रहे हैं? नहीं, अनुदान बँटते...
- कुछ लोगों ने दौड़कर उसे पकड़ा और मारने-पीटते साधु के पास लाये?...? साधु ने देखते ही कहा-अरे इसे क्यों मारते हो भाई। लोगों ने बताया-इसी ने तो आपको मारा है। साधु ने कहा ...
- कुछ लोगों ने- कैसे लोगों ने?...? जैसे हम और आप लोगों ने बुद्ध की ऐसी मिट्टी पलीद की कि भगवान करे कोई ऐसी किसी की न करे। अहिंसा की म...
- कुछ संगमरमर की बनाई जाती हैं, कुछ अष्टधातु से बनाई जाती हैं, कुछ किसी की बनाई जाती हैं, लेकिन ये गायत्री की मूर्ति बालों की बना दी गई हैं, अन्यथा तरह-तरह की मूर्तियाँ इसमें कैसे टिकाई जाएँगी, कैसे रखी जाएँगी?...? ये गिर पड़ेंगी और उखड़ जाएँगी। इसलिए ऋषियों ने जहाँ जो चीज पैदा होती थी, उसी को बनाकर वहाँ उसकी स्थापन...
- कुछ सूझा नहीं, क्या करूँ?...? फिर मैंने गुरुदेव की साधना स्थली की ओर मुँह किया तो वहाँ गुरुदेव बैठे दिखाई दिये। फिर पलट कर तखत को ...
- कुछ ही दिन पहले उसी घर में बहू बनकर आई जेठानी भी अपनी स्थिति भूलकर अपनी उस बेबस बहन के प्रति कैसे हृदयहीन बन पाती है?...? एक नारी दूसरी नारी के दुःख-दरद को कम करने की जगह उल्टे उसे बढ़ाने में ही अपना सहयोग क्यों देने लगती ...
- कुछ ही दिनों में देखना, यह मिशन कहाँ-से-कहाँ पहुँचेगा?...? हम रहें, चाहे न रहें। मेरी जीवात्मा कहती है, मेरा साहस कहता है और मेरा पुरुषार्थ कहता है कि मैं किसी...
- कुछ होगा कि नहीं होगा या मकान ही मकान होगा?...? क्या करेगा इतने मकान का? हमारा मकान है, तो हम मकान का कौन सा खर्च बतावें। आपके लिए सारा खर्च बताना म...
- कुटुँब के बिना मनुष्य रह नहीं सकता?...? आदमी अपने गुणों का विकास कुटुँब के बिना, परिवार के बिना कहाँ कर सकता है? आदमी कहाँ सीख सकता है।...
- कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियों पूरी करनी थीं, उसके स्थान पर अनावश्यक संख्या में लोग बहाते रहे क्या और जिन लोगों को जिस चीज की जरूरत नहीं थी, उनको प्रसन्न रखने के लिए उपहार रूप में लादते रहे क्या?...? क्यों? आखिर क्या वजह थी? यह सब गलतियाँ। इनकी समीक्षा करना शुरू कीजिए। इसी तरह अपने खान-पान के लिए स्...
- कुटुम्बियों के शामिल होने का मतलब यह नहीं है कि कौन कैसा है?...? उन सबका लालच आप पूरा करते हैं क्या? कुटुम्बियों का लालच आप मत पूरा कीजिए। कुटुम्बियों की अनावश्यक आव...
- कुटुम्ब और परिवार को संस्कारी कौन बनाएगा?...? माँ बनाती है और जब माँ—नारी की दशा ऐसी ही बनी रही और वो भावनात्मक दृष्टि से ऊँची नहीं उठी, तो फिर कौ...
- कुटुम्ब का परिपालन आपको भारी क्यों पड़ना चाहिए?...? आपको पेट भरने में दिक्कत क्यों होनी चाहिए?
मित्रो! अगर आप औसत भारतीय नागरिक के तरीके से जिं...
- कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियाँ पूरी करनी चाहिए थी, उसको पूरा करने के स्थान पर अनावश्यक संख्या में लोड बढ़ाते रहे क्या?...? और जिन लोगों को जिस चीज की जरूरत नहीं थी, उनको प्रसन्न करने के लिये उपहार रूप में लादते रहे क्या? क्...
- कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियाँ पूरी करनी चाहिए थीं, उसको पूरा करने के स्थान पर अनावश्यक संख्या में लोग बढ़ाते रहे क्या?...? और, जिन लोगों को जिस चीज की जरूरत नहीं थी, उनको प्रसन्नता के लिए उपहार रूप में लादते रहे क्या? क्यों...
- कुटुम्ब के शामिल होने का मतलब ये है कोई, कैसा कुटुम्बियों का भी लालच आप पूरा करते रहेंगे?...? लालच मत पूरा कीजिए।
कुटुम्बियों की अनावश्यक आवश्यकताओं को - अनावश्यक माँगों को मानने से इन्कार कर ...
- कुटुम्ब न हो तब?...? तब मुश्किल है। हिल-मिलकर खाने का यह आध्यात्मिक साम्यवाद आप अपने घर से शुरू कर सकते हैं। जो आदमी ज्या...
- कुटुम्ब परिवार आपका भारी क्यों पड़ना चाहिए?...? आपको पेट भरने में दिक्कत क्यों होनी चाहिए? आप औसत नागरिक, भारतीय की तरीके से अगर जिन्दगी जिएँ, और कि...
- कुटुम्ब पालने में हमको बाहरी शक्ति लगानी पड़ती है?...? कुटुम्ब तो खिलौने हैं। बच्चे हैं ये आपके। इनसे खेलिये। ये खिलौने के लिए हैं कि आपको पालन करना पड़ता ह...
- कुटुम्ब बना करके कौन रहता है?...? दवा-दारू का इन्तजाम किसके लिए है? बोलना किसको आता है? किताबें कौन पढ़ सकता है? अगर आपको इतनी सुविधाए...
- कुटुम्ब बनाकर के कौन रहता है?...? दवा दारू का इंतजाम किसके लिए है? बोलना किसको आता है? किताबें कौन पढ़ सकता है? वगैरह आपको इतनी सुविधाए...
- कुटुम्ब में और क्या सीखा जा सकता है?...? लोक व्यवहार, जिसको शिष्टाचार कहते हैं। अनेक स्तर के लोगों के साथ में अनेक प्रकार के व्यवहार कैसे किए...
- कुण्डलिनी किसे कहते हैं?...? विवेकशीलता को। आप समझते नहीं हैं। हमारा गुरु हमारी कुण्डलिनी जगा गया। उसके द्वारा हमारा विवेक जाग्रत...
- कुण्डलिनी क्या है?...? कुण्डलिनी हमारे नर्वस सिस्टम की इलेक्ट्रिसिटी है। इसको इस्तेमाल करते हैं और जरूरत के वक्त इससे फायदा...
- कुण्डलिनी क्या होती है?...? आपको जानकारियाँ बच्चों जैसी हैं। बच्चों की जानकारियाँ बहुत छोटी होती हैं, बहुत कमजोर होती हैं।...
- कुण्डलिनी जगा दीजिए?...? बेटे कुण्डलिनी ऐसे नहीं जगती। कुण्डलिनी तो साँपिनी होती है? हाँ बेटे, जब सँपेरा आयेगा, तब मैं साँप...
- कुण्डलिनी तो साँपिनी होती है?...? हाँ बेटे, जब सँपेरा आयेगा, तब मैं साँप भी जगवा दूँगा और साँपिनी भी जगवा दूँगा। दस पैसे देना, दोनों...
- कुत्ता मार डालेगा तो क्या, बकरा मार डालेगा तो क्या, बन्दर मार डालेगा, तो क्या?...? क्या भगवान जानवरों को खाता है? भगवान खाता है—‘‘मैं’’ को, ‘अहम्’ को। हमारा ‘अहम्’ इतना ज्यादा है ...
- कुत्ता क्या होता है?...? कुत्ता अकेला होता है।
मित्रो! इसी तरीके से इनसान को क्या करना पड़ेगा? कुत्ते के तरीके से अके...
- कुत्ता क्या होता है?...? कुत्ता अकेला होता है।मित्रो! इसी तरीके से इनसान को क्या करना पड़ेगा? कुत्ते के तरीके से अकेले रहना पड...
- कुत्ते का कोई कुटुम्ब होता है?...? कोई कुटुम्ब नहीं होता। कुत्ते की कोई औरत होती है? कोई नहीं होती। कुत्ते का कोई बाप होता है? कोई नहीं ...
- कुत्ते का कोई कुटुम्ब होता है?...? कोई कुटुम्ब नहीं होता। कुत्ते की कोई औरत होती है? कोई नहीं होती। कुत्ते का कोई बाप होता है? कोई नहीं ...
- कुत्ते का कोई बाप होता है?...? कोई नहीं होता। कुत्ता क्या होता है? कुत्ता अकेला होता है।
मित्रो! इसी तरीके से इनसान को क्या...
- कुत्ते का कोई बाप होता है?...? कोई नहीं होता। कुत्ता क्या होता है? कुत्ता अकेला होता है।मित्रो! इसी तरीके से इनसान को क्या करना पड़े...
- कुत्ते का नुकसान तो भूल गए ये पता लगाने लग गए कि ऐसा विद्वान कौन आ गया है?...? तलाश करने लग गए तो मालूम पड़ा—एकलव्य नाम का एक लड़का, ये बाण-विद्या सीख रहा था। हम भी इससे सीखेंगे।...
- कुत्ते का, बिल्ली का बच्चा हुआ तब?...? गधे का बच्चा हुआ तब? क्यों पिलाएगी गाय। गाय का एक ही बच्चा होना चाहिए। आपको सन्त का बच्चा होना चाहिए,...
- कुत्ते की कोई औरत होती है?...? कोई नहीं होती। कुत्ते का कोई बाप होता है? कोई नहीं होता। कुत्ता क्या होता है? कुत्ता अकेला होता है। ...
- कुत्ते की कोई औरत होती है?...? कोई नहीं होती। कुत्ते का कोई बाप होता है? कोई नहीं होता। कुत्ता क्या होता है? कुत्ता अकेला होता है।म...
- कुत्ते को पढ़ना-लिखना आता है?...? बकरी को कपड़ा पहनना आता है? गधों के शादी-ब्याह क्या होते हैं? नहीं होते। फिर सारी शिक्षायें, सारी योग...
- कुत्ते क्यों आते?...? दंगा क्यों होता? और बलवा क्यों होता? और खजाने पर हमला क्यों बोला गया होता? छोटी सी भूल के कारण राज...
- कुत्ते ने आपकी टाँग को काट खाया, तो क्या आप भी कुत्ते की टाँग काटेंगे या नहीं काटेंगे?...? नहीं साहब! हम कुत्ते की टाँग नहीं काट सकते हैं।
मित्रो! आप इनसान हैं और वह कुत्ता है। आदमी गलती ...
- कुत्ते सूँघकर पता लगाते हैं, चोरी का माल कहाँ गया?...? सी.आई.डी. के कुत्ते आते हैं और सूँघकर पता लगा लेते हैं। कहाँ गया माल? उनकी नाक कुछ ऐसी तेज बनाई गई ह...
- कुत्ते सूँघकर पता लगाते हैं—चोरी का माल कहाँ गया?...? सी०आई०डी० के कुत्ते आते हैं और सूँघकर पता लगा लेते हैं। कहाँ गया माल? उनकी नाक कुछ ऐसी तेज बनाई गई ह...
- कुत्ते-कुतिया के ब्याह में कोई आशीर्वाद देता है क्या?...? नहीं साहब! हमारे यहाँ तो पिल्ला-पिल्ली का ब्याह होता है। नहीं साहब! हमें तो ब्याह का निमंत्रण आया है...
- कुत्ते-बिल्ली की, साँप-नेवले की दोस्ती कैसे निभे?...? एक म्यान में दो तलवार ठूँसने पर म्यान फटेगी ही। शरीर में ज्वर या भूत घुस पड़े तो कैसी दुर्दशा होती है...
- कुधान्य क्या होता है?...?...
- कुनैन से अच्छा हो जाता है, बताता है नहीं कहाँ से कुनैन आयी खाँसी कैसे जाएगी, किसके साथ खायी जाती है?...? पानी के साथ खाते हैं, दूध के साथ खाते हैं, कितने ग्रेन की टिकिया खाते हैं। ये भी कुछ मालूम ही नहीं ह...
- कुन्ती के गर्भ से देवता पैदा हुए थे और देवता सिर्फ इसलिये पैदा हुए थे कि भगवान श्रीकृष्ण के काम आएँ और क्या किया बताइये?...? धर्मराज ने क्या किया? अर्जुन ने कौन-सा बड़ा काम किया? भीम ने किसका क्या किया? नकुल-सहदेव किस काम में ...
- कुन्ती के बेटे बनने में आपको शर्म आती है, बताइए?...? सीता के बेटे अगर आप बन जाएँ, तो क्या हर्ज है आपको? नहीं, कुछ हर्ज नहीं होगा आपका। आप अगर ऐसी मनःस्थि...
- कुम्भ नहाइए बैकुण्ठ को जाइए, यह कौन-सा धर्म है?...? ऐसे धर्म को बदलना होगा व विज्ञान द्वारा दिग्भ्रान्त की जा रही पीढ़ी को भी मनीषा को ही मार्गदर्शन देना...
- कुम्भकरण का क्या हुआ?...? बेटे, उसकी मिट्टी पलीद हो गई। क्या फायदा कर लिया उसने? कुछ नहीं कर सका।मित्रो, इसी तरह हिरण्याक्ष से...
- कुम्भकरणों की कमी है क्या?...? नहीं, इनकी कमी नहीं है, पर वे सो गए हैं। हमारा एक काम यह भी होना चाहिए कि जहाँ कहीं भी आपको विभूतिवा...
- कुम्हार को आप जानते हैं?...? कुम्हार कच्चे बर्तन बनाता है, बनाने के बाद पकाता है। अवे में से खिलौने भी निकलते हैं, तो आप यह मान स...
- कुरीति निवारण में आर्यसमाज को कितनी सफलता मिली?...? नशा निवारण और भ्रष्टाचार उन्मूलन के काम करने वाले संगठन कितने सफल हो रहे हैं? यह उन्हीं से उन्हीं के...
- कुरीतियों को कौन हटाएगा?...? आप हटाएँगे। दहेज के दानव को कौन जलाएगा? आप जलाएँगे। यदि आपके अन्दर करुणा है, तो आप शपथ लेंगे कि हम क...
- कुर्ते पर छींटे पड़े देख कर बोले, ‘‘तुम लोग इस तरह फूहड़ तरीके से काम करते हो?...? कुर्ता खराब कर लिया।’’ फिर बोले, ‘‘अच्छा! तुम लोग बहुत बड़े आदमी हो..! बहुत बड़े बाप के बेटे हो..! टाट...
- कुल दो घण्टे स्कूल या कॉलेज में पढ़ाकर आते हैं व कहते हैं कि हम बिजी हैं?...? गप्पें हाँकते रहते हैं, और कहते हैं कि हम व्यस्त हैं। यह झूठी बहानेबाज़ी की बातें हैं।आप यह देखें कि...
- कुल पचास बीघे?...? हाँ महाराज जी! पचास बीघे।बेटे! हमारे यहाँ तो सौ बीघे जमीन होती है, पर लोग भूखों मरते हैं, नंगे फिरते...
- कुलदेवी कहाँ रहती है तुम्हारी?...? २००० मील दूर रहती है। वहाँ २००० मील दूर क्या करोगे? बच्चे का मुण्डन कराने ले जाएँगे। फिर क्या हो जाए...
- कुलदेवी कहाँ रहती है?...? दो हजार मील दूर रहती है। दो हजार मील पर क्या करोगे? बच्चे का मुंडन कराने ले जाएँगे। फिर क्या हो जाएग...
- कुलदेवी कहाँ रहती है?...? दो हजार मील दूर रहती है। दो हजार मील पर क्या करोगे? बच्चे का मुंडन कराने ले जाएँगे। फिर क्या हो जाएग...
- कुलदेवी कहाँ रहती हैं?...? कुलदेवी वहाँ रहती हैं जैसलमेर में। अच्छा, तो वहीं जाना पड़ेगा? हाँ-हाँ, कलकत्ते के मारवाड़ी हैं और मुण...
- कुसंस्कारी जो बनाया है आपने उन्हें?...? देखना वे अपने आप दुःखी होंगे, आपको दुखी करेंगे तथा अपने परिवार वालों को, बीबी-बच्चों को दुखी करेंगे।...
- कुहराम और धकापेल का ऐसा माहौल है, जिसमें सूझ नहीं पड़ता कि आखिर हो क्या रहा है?...? इस आँख मिचौनी में धूप-छाँव में किसे पता चल रहा है कि क्या हो रहा है? कौन जीता और हार कौन रहा है? इतन...
- कूड़ा, करकट, मैल, विकार, पाप, गन्दगी, दुर्गन्ध, सड़न, अव्यवस्था, घिच-पिच को झाड़-बुहारकर स्वच्छता, सफाई, पवित्रता स्थापित कर ली जाती है तो पहली और पीछे की स्थिति में कितना भारी अन्तर हो जाता है?...? मलिनता अन्ध तामसिकता का प्रतीक है। आलस्य और दारिद्र्य, पाप और पतन जहाँ रहते हैं, वहाँ मलिनता या गन्द...
- कूड़ा-कचरा पड़ा है तो क्या?...? सफाई हो गई तो क्या? कोई फरक नहीं पड़ने वाला है। वे नाराज भी नहीं हो सकते, क्योंकि उनके अन्दर प्रा...
- कूलर के द्वारा गर्मी से तो बचा जा सकता है, पर एयरकन्डीशन व्यवस्था नहीं होगी, तो सर्दियों में क्या करेंगे?...? ऐसा इन्तजाम चाहिए, जिससे सर्दियों में भी गरम रखा जा सकता हो। जो भी सुविधाएँ होती हैं, आश्यकताओं का प...
- कूड़ा संभाल कर डालना सिखाएँ?...?
- जहाँ-तहाँ थूकने और पेशाब न करने की बात बताएँ।
- बच्चों से श्रमदान के क्रम में स्वच्छता का कार्य क...
- कृतज्ञता के भाव जो हमारे अन्तरंग में जाकर के टकराते हैं, तो इस शरीर रूपी गुंबद से एक भाव उत्पन्न होता है, एक कल्पना उत्पन्न होती है, एक आकांक्षा होती है कि जिन लोगों ने हमें अनुदान दिये हैं, हमारी सेवा-सहायता की है, उन लोगों के प्रति हमारा कोई फर्ज नहीं है क्या?...? क्या उनके ऋणों से मुक्ति नहीं पायी जा सकती है? मनुष्य के मन में जिस दिन ये भाव उत्पन्न होते हैं, उ...
- कृपा करके दिखाइये?...? नहीं तो नहीं, फिर आप बहुरूपिया हो। कितने ही बहुरूपिया दो रंग की लकड़ी की बाँह लगाकर चले आते हैं, देवत...
- कृपा करके स्वीकार कर लीजिए और अगर अपनी शरण में ले लें, तो कौन-सा वाला भगवान?...? जो परमात्मा के रूप में संव्याप्त है। आत्मा छोटी होती है। परमात्मा बड़ा होता है। पुरुष ‘जीव’ को कहते ह...
- कृपा क्यों नहीं मिल सकती?...? फिर क्या फायदा करेंगे? बेटे, तू पहले विचार कर ले, कृपा का वायदा मैं नहीं कर सकता। मैं तुझे ले चल सकत...
- कृपा क्यों नहीं मिल सकती?...? फिर क्या फायदा करेंगे? बेटे, तू पहले विचार कर ले, कृपा का वायदा मैं नहीं कर सकता। मैं तुझे ले चल सकत...
- कृष्ण अगर अकेले महाभारत का युद्ध लड़ सकते, कंस को मार सकते, असुरों को मार सकते, सभी आततायियों को मार सकते, तो फिर मैं सोचता हूँ कि सारे विश्वभर में निमंत्रण भेजकर सेनाओं को बुलाने की क्या जरूरत थी?...? अगर अकेले ही गोवर्द्धन उठा सकते थे, तो ग्वाल-बालों को लाठी लगाने की क्या जरूरत थी।मित्रो! अकेला आद...
- कृष्ण अगर अकेले महाभारत का युद्ध लड़ सकते, कंस को मार सकते, असुरों को मार सकते, सभी आततायियों को मार सकते तो फिर मैं सोचता हूँ कि सारे विश्वभर में निमंत्रण भेजकर सेनाओं को बुलाने की क्या जरूरत थी?...? अगर अकेले ही गोवर्धन उठा सकते थे तो ग्वाल−बालों को लाठी लगाने की क्या जरूरत थी?मित्रो! अकेला आदमी कि...
- कृष्ण कैसे होते हैं?...? कृष्ण ऐसे हो सकते हैं, ताकि हम भूल न जाएँ, इसका यह एक नमूना, एक मॉडल रखा हुआ है। हमको मर्यादा पुरुषो...
- कृष्ण को भगवान क्यों कहते हैं?...? बेटे! इसलिए कहते हैं कि अपने स्वार्थ को त्याग करके वे परमार्थ में लग गए। सारा-का-सारा विश्व उनका अपन...
- कृष्ण को मरे हुए मुद्दतें हो गईं, तो अब किस तरीके से पाएँ कृष्ण को?...? कृष्ण जी ने न जाने कहाँ जन्म ले लिया होगा! कहाँ रहते हैं? कृष्ण, मालूम नहीं है, तो उन्होंने कहा—कृष्...
- कृष्ण पिएगा जहर?...? हाँ, कृष्ण ही पिएगा जहर और मीरा क्या पिएगी? मीरा, मीरा अमृत पिएगी। क्यों? क्योंकि उसकी श्रद्धा जो थी...
- कृष्ण भगवान कब पैदा हुए थे?...? उनका ब्याह कब हुआ था? वे कब बुड्ढे हुए थे? उनकी लड़ाई कब हुई थी? यह कहानी आप सुन लीजिए, कोई भी सुना ...
- कृष्ण भगवान कब पैदा हुए थे?...? उनका ब्याह कब हुआ था? वे कब बुड्ढे हुए थे? उनकी लड़ाई कब हुई थी? यह कहानी आप सुन लीजिए कोई भी सुना सक...
- कृष्ण भगवान की खुशामद और चापलूसी करने से क्या हो सकता है?...? बेटे तू बता तो सही कि कृष्ण जी अपनी खुशामद करने वाले को, चापलूसी करने वाले को या किसी चमचे को अपना च...
- कृष्ण भगवान ने देखा कि जब जा रहे हैं इनका सहयोग कौन करेगा?...? अकेले कैसे क्या कर पाएँगे? देवताओं ने कहा कि भगवान हमको भी आज्ञा, चलने दीजिए, हम भी आपके साथ-साथ चले...
- कृष्ण भगवान ने देखा कि जा रहे हैं, तो उनका सहयोग कौन करेगा?...? अकेले कैसे क्या कर पाएँगे! देवताओं ने कहा कि भगवान हमको भी चलने की आज्ञा दीजिये। हम भी आपके साथ-साथ ...
- कृष्ण भगवान् की खुशामद और चापलूसी करने से क्या हो सकता है?...? बेटे तू बता तो सही कि कृष्ण जी अपनी खुशामद करने वाले को, चापलूसी करने वाले को या किसी चमचे को अपना च...
- कृष्ण से क्या मतलब है?...? यही कि हम पूर्ण पुरुष बनना चाहते हैं, इसलिए हमने अपना इष्ट कृष्ण को बना लिया। अपना लक्ष्य कृष्ण ...
- के कोर्स में कौन-कौन सी किताबें होती हैं?...? हाँ साहब! एम.ए. तो कर लिया परन्तु अभी बी.ए. नहीं किया। बी.ए. करेंगे, तब बतायेंगे साहब! अच्छा बताओ कि...
- के ज्ञान का मुकाबला प्राचीनकाल के विद्वान से कैसे किया जाए?...? बेटे, प्राचीनकाल में एक-एक ऋषि एक-एक विषय में पारंगत होता था। विश्वामित्र जी ने एक विषय में पारंगतता...
- केंचुली उतार दी तो, न जाने कहाँ-से जा पहुँचता है?...? आप अपने पुराने कुसंस्कारों की केंचुली उतार दीजिए और नये रास्ते पर चलिये। पिंजरे से आप बाहर निकलें, प...
- केंचुली लगा हुआ साँप कहाँ भाग पाता है?...? लोग पत्थर फेंकते रहते हैं, पर वह वैसे ही बैठे रहता है। केंचुली उतार दी तो, न जाने कहाँ-से जा पहुँचता...
- केन्द्रीभूत करने से क्या मतलब है?...? बेटे! केन्द्रीभूत करने से हमारा मतलब संयम करने से है। संयम किसे कहते हैं? संयम उसे कहते हैं, जो हमारे...
- केवट न क्या काम किया था?...? नाव में बिठाकर के रामचन्द्र जी को पार लगा दिया था बिना कुछ कीमत लिए। तो गुरुजी चलिए, हम भी आपको कार ...
- केवट ने क्या काम किया था?...? नाव में बिठाकर के रामचंद्र जी को पार लगा दिया था बिना कुछ कीमत लिए। तो गुरुजी चलिए हम भी आपको कार मे...
- केवल अन्न की जरूरत है?...? अन्न ही अन्न बकते चल जाते हैं और हवा की कीमत को नहीं समझते, पानी की कीमत को नहीं समझते? अगर आप हवा क...
- केवल अपना शरीर, केवल अपना तेज, केवल अपना वर्चस्, केवल अपना ब्रह्मतेज, केवल अपनी वाणी की शक्ति, मस्तिष्क की शक्ति, स्मरण शक्ति—सारी-की-सारी शक्तियों को हम कुत्ते की हड्डी के तरीके से चबाते रहते हैं और जब दाद खुजाता है, तो हमको यह मालूम पड़ता है कि न जाने हम क्या नियामत लेकर के आये हैं और न जाने क्या लूट करके ले आये हैं?...? ‘असत्’ दिन-रात हमारी जिन्दगी के ऊपर सवार है और हमारी जिन्दगी को नष्ट करता रहता है। लुकमान ने कहा ह...
- केवल अपने बच्चों को ही प्यार कर सकते हैं, दूसरों को नहीं कर सकते क्या?...? आपका बच्चा तो आपकी पिटाई करेगा, देख लेना। जिस मोह, अज्ञान की वजह से आप बच्चों को पालते हैं, वे आपको ...
- केवल अर्जुन को ही क्यों दे दिया?...? सबको क्यों नहीं दिया? क्योंकि उन्होंने एक बार इम्तहान लिया था कि इतनी कीमती चीज को एक सख्त और प्रामा...
- केवल आप अपने बीबी, बच्चे को देखते रहे और उन्होंने अब क्या हाल कर दिया आपका?...? कुसंस्कारी जो बनाया है आपने उन्हें? देखना वे अपने आप दुःखी होंगे, आपको दुखी करेंगे तथा अपने परिवार व...
- केवल एक आदमी हुआ—विवेकानन्द तो क्या रामकृष्ण परमहंस की कृपा एक पर ही थी?...? नहीं, असलियत यह नहीं है। उनकी सब पर कृपा बरसती थी, पर उन्होंने अपने को बदला नहीं, जबकि विवेकानन्द ने...
- केवल कर्मकाण्ड तक सीमित रह जाएँगे, तो उद्देश्य कैसे पूरा होगा?...? यह कल्प कोई शारीरिक थोड़े ही है। यह क्रियाओं से कैसे पूरा हो जाएगा? यह आन्तरिक कायाकल्प है। इसलिए आपको...
- केवल किसी वस्तु को देने से देवता क्या प्रसन्न होंगे?...? उनके यहाँ वस्तुएँ क्या कम हैं? स्वर्गलोक में कौन-सी चीज की कमी है कि देवता जिस चीज को प्राप्त कर...
- केवल दफ्तर में जायँ और होटल में खाने लगें, तब?...? शादी न करें तब? ठीक है अपनी जीविका कमा सकती हैं, लेकिन उनको सांसारिक ज्ञान के सम्बन्ध में, अपना अनुभव ...
- केवल बेटों के लिए छोड़ेगा और किसी को नहीं देगा?...? दुनिया में कितने लोग दुखी हैं, पीड़ा और पतन में डूबे हुए हैं। इस पीड़ा और पतन के नाम पर भगवान दोनों ...
- केवल मात्र चिन्ह-पूजा करते रहेंगे?...? टाइमपास करते रहेंगे? नहीं, टाइमपास मत कीजिए, चिन्ह-पूजा मत कीजिए। अपने सारे-के चिन्तन को आमूल-चूल पर...
- केवल मात्र पेट ही भरना रहा तो गन्दे तरीके से हम क्यों भरें?...? शेष तरीके से हम क्यों न भरें? हम जो बाकी पेट भरने के अलावा कार्य कर सकते हैं, वह क्यों न करें?...
- केवल शक्ल तक ही आप सीमित कैसे रह गए?...? क्यों नहीं पहचाना विराट स्वरूप को? आपने उन्हें अन्तरंग में क्यों नहीं बैठाया? जिसने अन्तरंग में बैठा ल...
- केवल शरीर के लिए और कुटुम्बियों के लिए सारा समय खर्च कर देंगे?...? आप अंशदान निकालिए, साधन जो आपके पास हैं वो सारे के सारे साधन औलाद के लिए खर्च मत कर डालिए। जो साधन आ...
- केवल शिक्षा किस काम में आती है?...? नौकरी के काम आती है, सर्टिफिकेट जो आते हैं, नौकरी के काम आते हैं। संस्कार और भावनाएँ, आस्था और श्रद्...
- केवल से क्या मतलब है और उससे क्या फायदा होगा?...? उन्होंने कहा कि रोटी के अलावा थाली में से सारा सामान हटा दीजिए। उससे क्या फायदा होगा? आचार्य जी! उसम...
- केश-विन्यास बनाने जैसे अनेकों कामों मेंं कितना समय लगता है?...? सजधज में कितना धन व्यय होता है? वाहनों, सेवकों द्वारा उसके लिए कितनी सुविधाएँ प्रदान की जाती हैं। वि...
- कैकेयी विरोधी थी न, मंथरा विरोधी थी न, लेकिन कैकेयी और मंथरा का आखिर में क्या हुआ?...? लक्ष्मण का क्या हुआ? सारे-का-सारे खानदान किस तरीके से बदलता हुआ चला गया। नसीहत दीजिए, उपदेश कीजिए, द...
- कैद न करें तो?...? कैद न करें तो बेटे, बारूद चारों तरफ फैल जाएगी और यदि उसे जला दें तो भक से जलकर खत्म हो जाएगी। बारूद ...
- कैदी जेलखाने में साहब का हुकुम मानता है, अमुक काम करता है, खेत जोतता है, तमुक काम करता है, लेकिन दिमाग कहाँ रहता है?...? दिमाग तो अपनी घरवाली के पास रहता है। जब जेलर पूछता है कि क्या कर रहा है रे? तो वह बोलता है कि हुजूर ...
- कैलाश पर्वत कहाँ है?...? यहीं हिमालय पर है। यह स्वर्ग है। हिमालय केवल ऋषियों की ही भूमि नहीं है देवताओं की भी भूमि है। इसको स...
- कैलाश पर्वत कहाँ है?...? यहीं हिमालय पर है। यह स्वर्ग है। हिमालय केवल ऋषियों की ही भूमि नहीं है—देवताओं की भी भूमि है। इसको स...
- कैसा अनुग्रह है?...? आपको मालूम है उसमें अकल का अनुग्रह भी है। अकल कहाँ से बरसती है? अकल कहाँ से आती है? आप कौन से स्कूल ...
- कैसा अनुग्रह है?...? आपको मालूम है उसमें अकल का अनुग्रह भी है। अकल कहाँ से बरसती है? अकल कहाँ से आती है? आप कौन से स्क...
- कैसा अनुशासन रहेगा?...? जैसे राम और भरत के बीच में था। राम भरत के गुलाम थे और भरत राम के गुलाम थे। दोनों एक दूसरे के प्रेम म...
- कैसा अन्न है, कैसा नहीं, इससे क्या फायदा होगा?...? इब्राहिम की समझ में यह बात आ गई। उन्होंने कहा—भाई साहब! हमारा गाँव तो बहुत दूर रह गया। अब हम यहाँ आ ...
- कैसा अभ्यस्त ढर्रा?...? जो जिन्दगी हम जीते हैं, वो ऐसी जिन्दगी है, हम क्या कहें आपसे! ऐसी जिन्दगी, ढर्रे की जिन्दगी, जिसमें ...
- कैसा आदमी था?...? क्या फरक था? कुछ भी फरक नहीं था। बेटे, सिर्फ क्वालिटी का फरक था। आपकी क्वालिटी, घटियावाली क्वालिटी ह...
- कैसा आनन्द आ रहा है?...? वह इस बात को भूल जाता है कि कल हमारा लीवर खराब होने वाला है, दिमाग खराब होने वाला है, जिन्दगी में कमी...
- कैसा कीमती समय है?...? ये ऐसा कीमती समय है जैसे—एक बार रामचन्द्रजी के ऊपर मुसीबत आयी। उन्होंने बन्दरों से कहा, हनुमान जी से...
- कैसा कैसा जेवर बना दिया?...? ये हमारी जिन्दगी, बेतुकी जिन्दगी, बेसिलसिले की जिन्दगी। बेतुकी जिन्दगी। बेहूदी जिन्दगी को हम जिस तरह से स...
- कैसा गायत्री मंत्र आता है?...? "ऊँ भूं भूं भुवः"। अच्छा तो तू भी ऐसे ही भूं भूं कर लेता है। भगवान जी, वैसे तो समझते हैं कि आदमी जबा...
- कैसा गायत्री मंत्र आता है?...? '' ॐ भूः भुव: स्वः''। अच्छा तो तू भी ऐसे ही भू भुव: कर लेता है। भगवान जी वैसे तो समझते हैं कि आदमी ज...
- कैसा ज्ञान देंगे?...? ऐसा, जिससे कि आप लोगों को सलाह दे सकने में समर्थ हो सकें। अभी आप लोगों को सलाह नहीं दे सकते। व्याख्य...
- कैसा ज्ञान देंगे?...? ऐसा जिससे कि आप लोगों को सलाह दे सकने में समर्थ हो सकें। अभी आप लोगों की सलाह नहीं दे सकते। व्याख्या...
- कैसा तरीका बतावें?...? तीन ओऽम् लगाने का। अच्छा आप बताइए। दो ओऽम् लगाने का। आप बताइए बीजमंत्र लगाने का। इसका क्या मंत्र है?...
- कैसा देखा है आपने?...? भगवान को हमने प्रतिच्छाया के रूप में और प्रतिध्वनि के रूप में देखा है। शीशे में आप जैसा अपना चेहरा द...
- कैसा नाक का जेवर बना दिया?...? कैसा कैसा जेवर बना दिया? ये हमारी जिन्दगी, बेतुकी जिन्दगी, बेसिलसिले की जिन्दगी। बेतुकी जिन्दगी। बेहूदी ...
- कैसा नारा लगाते हैं?...? हमने कहा बेटा बेटी नहीं बिकेंगे। तो बोले क्या आप बिना तिलक के शादी करेंगे। हमने कहा हाँ करेंगे। हवन ...
- कैसा पिछड़ा बना दिया है?...? कितना अस्त-व्यस्त बना दिया है? अगर ये आपके जीवन को अस्त-व्यस्त न बनाएँ, तो आप अपने आप को देख सकते ...
- कैसा प्रयत्न कर रहे हैं?...? देख बेटे! पांडिचेरी के अरविंद घोष विलायत गए। विलायत से पढ़ने के बाद उन्होंने कहा कि हम हिन्दुस्तान को...
- कैसा प्रयत्न कर रहे हैं?...? देख बेटे। पाण्डिचेरी के अरविन्द घोष विलायत गए। विलायत से पढ़ने के बाद उन्होंने कहा कि हम हिन्दुस्तान क...
- कैसा बढ़िया लड़का था, देखो इसकी निष्ठा कहाँ गई, बेचारा यह कहाँ डगमगा गया?...? था तो बड़ा अच्छा। था तो बड़ा भोला, पर यह कैसे डगमगा गया?
उसको कुछ हो गया, अपने बीबी-बच्चों में कुछ ...
- कैसा भगवान जी का साक्षात्कार चाहते हैं?...? हम तो ऐसे रामचंद्र जी का साक्षात्कार चाहते हैं, जो तीर-कमान लेकर घूमते रहते हों।...
- कैसा भूत रहता है?...? बेटे, अभी हम धूप में खड़े हो जायेंगे और आपको छाया के तरीके से हमारे पीछे एक भूत दीखेगा। महाराज जी! ...
- कैसा भ्रान्त बना दिया?...? स्वयं का सब कुछ होते हुए भी कुछ भी दिखाई नहीं पड़ता। सब कुछ तो हमारे पास है, पर मालूम पड़ता है कि ...
- कैसा मजेदार सपना था?...? कैसा मजेदार मालूम पड़ रहा था। एक ही चारपाई के ऊपर, एक ही गद्दे, कम्बल के ऊपर लेटा हमारा भगवान् हमारे ...
- कैसा रंग दें?...? गुलाबी रंग दीजिए। अच्छा ला, कहाँ है कोट? तेल में डूबा हुआ, मैल में डूबा हुआ, मिट्टी में डूबा हुआ—सार...
- कैसा रंग दें?...? गुलाबी रँग दीजिए। अच्छा ला, कहाँ है कोट? तेल में डूबा हुआ, मैल में डूबा हुआ, मिट्टी में डूबा हुआ, सा...
- कैसा लिहाफ था?...? उसमें एक पाव रुई थी और यह कहा गया था कि इसे ओढ़ करके भरी ठंड में सो जाया करिये, तो भी आपको ठंड नहीं...
- कैसा विवेकानन्द बनना पड़ेगा?...? अमेरिका में विवेकानन्द जिसके यहाँ ठहरे थे, वहाँ एक महिला थी, जो उनसे मजाक करने लगी, दिल्लगी करने लगी...
- कैसा विवेकानन्द बनना पड़ेगा?...? अमेरिका में विवेकानन्द जिसके यहाँ ठहरे थे, वहाँ एक महिला थी, जो उनसे मजाक करने लगी, दिल्लगी करने लगी...
- कैसा शानदार है?...? यह गायत्री मंत्र, जिसके अन्दर ऐसी शिक्षाएँ भरी पड़ी हैं, जो भावी मनुष्य जाति के लिए आचार-संहिता बन सक...
- कैसा शानदार है?...? यह गायत्री मंत्र, जिसके अन्दर ऐसी शिक्षाएँ भरी पड़ी हैं, जो भावी मनुष्य जाति के लिए आचार संहिता बन सक...
- कैसा सरल रास्ता बताऊँ बेटे?...? बस गुरुजी ज्यादा से ज्यादा मैं छह नए पैसे खरच कर सकता हूँ पहुँचा दीजिए न। अच्छा ला छह नए पैसे। इंग्ल...
- कैसा सरल रास्ता बताऊँ बेटे?...? बस गुरुजी ज्यादा से ज्यादा मैं छह नए पैसे खरच कर सकता हैं, पहुँचा दीजिए न। अच्छा ला छह नए पैसे। इंग्...
- कैसा सरल रास्ता बताऊं बेटे?...? बस गुरुजी ज्यादा से ज्यादा मैं छह नए पैसे खरच कर सकता हूँ पहुँचा दीजिए न। अच्छा ला छह नए पैसे। इंग्ल...
- कैसा सुन्दर होता है?...? आपका जीवन ऐसा सुन्दर होना चाहिए। ऐसा कोमल होना चाहिए और भगवान के चरणों पर चढ़ना चाहिए। याचक की सार्थ...
- कैसा सुन्दर होता है?...? आपका जीवन ऐसा सुन्दर होना चाहिए और भगवान के चरणों पर चढ़ना चाहिए। याचक की सार्थकता इसमें है कि वह भगव...
- कैसा हो दान?...?
मित्रो! किसी ने, किसी के सामने हाथ पसारा, समझ लो उसकी इज्जत चली गई, उसका वर्चस् चला गया। उसका...
- कैसा होता है?...? हमारी मुँह से सुनने की अपेक्षा आप अंदाज लगाइए कि ब्रह्मवर्चस कैसा हो सकता है? ब्रह्मतेज कैसा हो सकता...
- कैसा होता है?...? तो मैं कभी-कभी बुखार का नाम लेता हूँ। बुखार कैसा होता है? उससे पूरे शरीर में गर्मी आ जाती है। बहुत ज...
- कैसी इलेक्ट्रिसिटी है?...? आध्यात्मिक इलेक्ट्रिसिटी है, जिसको हम ओजस् कहते हैं। जिसको हम वर्चस् कह सकते हैं। यह कहाँ से आता है?...
- कैसी कुण्डलिनी, बता न?...? गुरुजी! मैंने सुना है कि कुण्डलिनी मूलाधार में से निकलती है और साँप जैसी होती है। मूलाधार से निकलकर प...
- कैसी क्रियाएँ करनी पड़ती थीं?...? शरीर से करनी पड़ती थीं जैसे माला घुमानी पड़ती थी, किससे घुमानी पड़ती थी? हाथ की उँगलियों से घुमानी पड़ती...
- कैसी गन्दगी फैलाते हैं?...? हमारे शरीर में जितने भी सूराख हैं, सब गन्दगी थूकते रहते हैं। हमारे मुँह में से थूक निकलता रहता है। ना...
- कैसी गन्दगी फैलाते हैं?...? हमारे शरीर में जितने भी सूराख हैं, सब गन्दगी थूकते रहते है। हमारे मुँह में से थूक निकलता रहता है। नाक...
- कैसी गन्दी हवा चल पड़ी है लोगों में, गन्दी हवा चल पड़ी है, गन्दी हवा में आप भी बहेंगे क्या?...? आप मत बहिए। न चमत्कार देखिए। चमत्कार आदमी के अन्दर है।...
- कैसी गड़बड़ हो गयी?...? तो इस तरीके से क्या है—हरेक से रिश्ता बनाकर के रखो। न जाने कौन किस काम जा जाए? देवता क्या बहुत सारे ...
- कैसी घिनौनी और कामुक जिन्दगी थी उसकी?...? पर जब कायाकल्प हुआ तो अन्धा होने के बाद में भगवान उन्हें अपनी लाठी पकड़ाकर ले जाते थे।तुलसीदास की भी ...
- कैसी ताकत मिली है?...? ताकत के हिसाब से आप सही माने कि अगर आप किसी आदमी से मुकाबला करवाना चाहें, तो आपको एक गलती महसूस हो स...
- कैसी महिला है?...? ऐसी महिला है जिसकी हुकूमत कितनी हो सकती है, आप जानते हैं? बेटे मेरा ऐसा ख्याल है कि गायत्री माता...
- कैसी ये कैसे हो गया?...? अरे गिरधर गोपाल की बात, गिरधर गोपाल कौन? पत्थर का टुकड़ा - नहीं, पत्थर का टुकड़ा नहीं सशक्त और जीवन्त।...
- कैसी लड़ाई होने वाली है?...? इसलिए होने वाली है कि वह देश हमारा दुश्मन है और अमुक देश हमारा दुश्मन है। मित्रो! जब कभी भी अन्तर्...
- कैसी विचित्र स्थिति है?...? ’’ ‘‘विचित्रता नहीं, विवशता कहिए। इसे उस अन्तर्व्यथा के रूप में समझिए, जो पीड़ा-निवारक को सामने पड़े...
- कैसी श्रेणी के वकील थे, आपसे मैं क्या कह सकता हूँ?...? उनकी वकालत का कमाल था। उनके नीचे चालीस सॉलीसिटर, एडवोकेट और सीनियर वकील काम करते थे। उन सबके ऑफिस बन...
- कैसी सुन्दर बजती है?...? कहाँ बजती है? किसकी बजती है? भगवान की बेटे। नाक के ये जो दो सुराख हैं, इसमें से कृष्ण भगवान की बाँसु...
- कैसी सेवा है?...? क्या करूँ इसके लिए, क्या कर डालूँ इसके लिए? अगर उच्च कोटि के ज्ञान, विचारधारा हमारे घर में रही होती,...
- कैसी हमारी जय बोलता है, आरती उतारता है?...? वह यही देखती है कि भगत दे रुपया, दे पैसा, दे औलाद, कर इम्तिहान में पास, इन सबके अलावा और कुछ नहीं मा...
- कैसी होती है अकल?...? अकल ऐसी होती है जो हमारे लिए तुरन्त फायदा कराती है और यह नहीं देखती कि कल जो नुकसान होगा वह होता रह...
- कैसी-कैसी ध्वनि निकल सकती हैं?...? जिन पर तू थिरकने लगेगा और नाचने लगेगा, तो महाराज जी ये कैसे बजेगा? बेटे यह एक साधना है, किसकी? धागों...
- कैसी-कैसी ध्वनि निकल सकती हैं?...? जिन पर तू थिरकने लगेगा और नाचने लगेगा तो महाराज जी यह कैसे बजेगा? बेटे यह एक साधना है। किसकी? धागों ...
- कैसे गुरु हो?...? बच्चों का मोह दूर नहीं करते हो? मित्रो! उन्होंने खाना खा लिया। वे खाना खा रहे थे और बीबी पंखा कर...
- कैसे एकाग्रता आती चली जायेगी?...? जिस एकाग्रता की वजह से भाप कमाल दिखाती है। भाप जब चारों ओर फैलती रहती है, तब उससे कोई काम नहीं चलत...
- कैसे दिखाई पड़ता है?...? गुरुजी! घोड़े पर सवार होकर आया था, बैल पर सवार होकर आया था और हाथी पर सवार होकर आया था। चल रहने दे ...
- कैसे नहीं होगा?...? बेटे! वो जिन्दगी कहाँ है़ वो सीप कहाँ है, जहाँ कि अमृत की बूँदें पड़ा करती हैं और जिन्दगी पैदा हो जात...
- कैसे अपनी लड़की का ब्याह करूँ?...? द्रोणाचार्य ने कहा कि इसके लिए कोई परीक्षा रखनी पड़ेगी, जिससे यह पता चलेगा कि कोई आदमी मन लगाकर काम ...
- कैसे अवतार लेते हैं और किस काम के लिए लेते हैं?...? शायद मैंने एक दिन आपको बताया भी था कि अवतार किस तरह से लेते हैं। जिस प्रकार की चीजें होती हैं, जिस प...
- कैसे आते हैं भगवान?...? अरे साहब! भगवान रात को आते हैं और सपने में आते हैं, वंशी बजाते आते हैं, घोड़े पर सवार होकर आते हैं, ...
- कैसे आये, बताइये?...? हम तो चाहते थे कि लम्बी-चौड़ी कहानी कहेंगे। अपने नानी, मौसी के यहाँ की और वहाँ की गप्पें हाँकेंगे, ...
- कैसे इनसान होते हैं?...? जैसे हमारे बुजुर्ग थे। यहाँ देवता निवास करते थे। देवता का विचार, देवता का चिन्तन अलग होता है। देवता औ...
- कैसे उद्धार हो सकता है?...? आपको यह समझना चाहिए और यह समझते हुए उसी आधार पर जप करना चाहिए। ऐसा करेंगे, तो आप मुनासिब काम कर रहे ...
- कैसे उनके बच्चे महान बन सकेंगे?...? इसके लिए माता-पिता का त्याग, परिश्रम तथा अथक प्रयास व लगन के साथ बच्चे की नींव मजबूत बनानी होगी।
प...
- कैसे उपयोग में नहीं होंगी?...? मैं तो सिखाता रहता हूँ कि ये उपयोगी हैं, पर पूर्ण नहीं हैं, समग्र नहीं हैं।
मित्रो ! मैं निवेदन ...
- कैसे उपयोगी नहीं होंगी?...? मैं तो सिखाता रहता हूँ कि ये उपयोगी हैं, पर पूर्ण नहीं हैं, समग्र नहीं हैं।
मित्रो! निवेदन मैं य...
- कैसे उसमें मोती बनेगा?...? सीप तो पहले भी थी और बाद में भी रहेगी। सीप से मोती नहीं बनते। स्वाती और सीप के सहयोग से मोती बन जाते...
- कैसे उसे देख सकें गे?...? आग को तो देख सकते हैं पर गर्मी को कैसे देखेंगे? हवा को कैसे देखेंगे? भगवान को देखा नहीं जा सकता, अनु...
- कैसे ऐसी स्थिति आ गई?...? जब भगवान ने हमको इतने साधन दिए थे कि उन साधनों से हम अपना उद्देश्य पूरा कर सकते थे, पर उन्हें पूरा क...
- कैसे और कब?...? जैसे जटायु ने सीता जी को रावण के चंगुल से छुड़ाकर उदाहरण प्रस्तुत किया था। उसने देखा कि कोई बदमाश एक ...
- कैसे कमा सकता हूँ?...? एक-एक आदमी से कहूँ कि मैं बच्चा पैदा करा दूँगा, निकाल पच्चीस-पच्चीस हजार रुपये। पच्चीस हजार का बेटा ...
- कैसे कर पायेंगे?...? ना, सम्भव नहीं है; लेकिन ये ही करना पड़ेगा आपको। आपके पास आपका अपनापन अगर सही है, तो आप विश्वास रखिये...
- कैसे करता हूँ?...? ऐसा खाद्य लेता हूँ जिसमें किसी व्यक्ति का संस्कार नहीं होता है। संस्कारविहीन भूमि में से संस्कारविही...
- कैसे करना चाहिए?...? यह मैं आपकी विधियों को देख करके, मनःस्थिति को देख करके बताता हूँ कि आपका मन किस तरह का है और किस क...
- कैसे करना चाहिए?...? क्या करना पड़ेगा इसके लिए? इसका नाम प्रज्ञायोग रखा है हमने क्योंकि इसमें कई चीजें शुमार हैं। इसलिए प...
- कैसे करना चाहिए?...? क्या करना पड़ेगा इसके लिए? इसका नाम प्रज्ञायोग रखा है, हमने क्योंकि इसमें कई चीजें शुमार हैं। इसलिए प...
- कैसे करना पड़ेगा?...? इसी विधि का नाम अध्यात्म है।
अध्यात्म की शुरुआत यहाँ से
अध्यात्म को हम दो हिस्सों मे...
- कैसे करना पड़ेगा?...? चाहिए, आप लोग नोट करते जाइए इनको या फिर ध्यान में रखिए। छपा हुआ भी है। प्रज्ञायोग कैसे करना चाहिए? प...
- कैसे करना पड़ेगा?...? चलिये, आप लोग नोट करते जाइये इनको या फिर ध्यान में रखिये; छपा हुआ भी है। प्रज्ञायोग कैसे करना चाहिए?...
- कैसे करना है?...? इसका प्रसंग उन्होंने अपनी वाणी में समझा दिया। इसका विवरण बताने का आदेश नहीं है। जो कहा गया है, उसे क...
- कैसे करें प्रायश्चित?...? आपको मालूम है हम कुछ घटनाएँ सुनाते हैं आपको।...
- कैसे करेगा, मुझे बताइये तो सही?...? पुलिस का दरोगा सामने बैठा हो, सामने कलेक्टर बैठा हो, तो क्या जेबकट की हिम्मत पड़ेगी कि वह किसी की जेब...
- कैसे करोड़पति होते हैं?...? अरबपति होते हैं, हमने नहीं देखे; किन्तु सारे संसार का खजाना हमारे पास है। खजाने के रूप में हमारे यह ...
- कैसे करोड़पति होते हैं?...? अरबपति होते हैं हमने नहीं देखे किन्तु सारे संसार का खजाना हमारे पास है। खजाने के रूप में हमारे यह बा...
- कैसे कह रहे हैं?...? पिताजी तो कोमा में हैं, हो सकता है कुछ दिन रुकना पड़े। मन ही मन सब तर्क-वितर्क चलता रहा। उन्होंने गुर...
- कैसे कह सकते हैं?...? हम इसलिए कहते हैं कि आप बार-बार यह कहते हैं कि अक्षरों का उच्चारण सब कुछ कर देता है। आप बात को क्यों...
- कैसे कहती है सही?...? इसीलिए कहती है कि उसमें वो है ही नहीं! असल में से क्या है? ये अलंकार है। ये सारे-के अलंकार हैं और इन...
- कैसे काट डालीं?...? उसने अपनी सेहत को इतनी बुरी तरह से तबाह कर डाला है, जैसे कि दुनिया में आज तक इतनी बुरी सेहत हुई नहीं...
- कैसे किया जाए?...? इस प्रश्न का उत्तर प्राप्त करने में बहुत देर नहीं लगती। देव मानवों का पुरातन इतिहास इसके लिए प्रमाण-...
- कैसे किया है?...? मूर्तियाँ पत्थर की बनाई हैं। पत्थर की? हाँ भाई साहब! पत्थर की मूर्तियाँ हैं हमारी। फिर क्या काम करते...
- कैसे खलीफा हो?...? कैसे गुरु हो? बच्चों का मोह दूर नहीं करते हो? मित्रो! उन्होंने खाना खा लिया। वे खाना खा रहे ...
- कैसे खा जाऊँगा?...? महाराज जी मैं वह वरदान मागूँगा कि सब हैरान रह जाएँगे। तेरे वरदान को पूरा करने के लिए तू यह नहीं समझत...
- कैसे खा लूँ?...? पकाए हैं ना? नहीं साहब! पकाने की क्या जरूरत है इसमें? थाली में रखकर ला। नहीं साहब! थाली में भी क्या ...
- कैसे खायी जा सकती हैं?...? नहीं खायी जा सकतीं। मित्रो! आदमी का कोटा मुकर्रर है। उससे ज्यादा आदमी इस्तेमाल नहीं कर सकता।...
- कैसे खेलते हैं?...? तू मेरा गुरु बन जा और मैं तेरा चेला बन जाऊँगा। नहीं साहब! आप गुरु बन जाइए और हम चेले बन जाएँगे। ...
- कैसे गया, पता भी नहीं लगा?...? अचानक सुनने में आया गुरुदेव हिमालय से लौट आए हैं और विशेष साधनाएँ सिखाने हेतु कुछ विशिष्ट व्यक्तियों...
- कैसे गुजारा करें?...? उनका रहन-सहन कुछ अजीब था। उनके कुर्ते और पाजामे में अक्सर टिकली लगी रहती थी। कुर्ता जहाँ से फट गया...
- कैसे गढ़ लिया?...? प्रतीक की जरूरत पड़ गई उसको, प्रतीक की। प्रतीक क्या है? प्रतीक बेटे! एक स्वामी जी आए थे, बाबाजी आए थे...
- कैसे चक्कर है?...? कलेवर का चक्कर यह है कि माँ के पेट में जब बच्चा आता है पहले एक कलेवर आता है, चुपचाप बैठा रहता है, कु...
- कैसे चमत्कार हो जाएँगे?...? गायत्री माता की छवि क्या है? जरा उसको दिखाओ, तो देखें। महाराज जी! गायत्री माता हँस पर बैठी हैं। ये ब...
- कैसे चल सकते हैं?...? सवारी से? नहीं, सवारी नहीं है। उनके पास बन्धन नहीं है, हमारे पास बन्धन है। देवताओं की विशेषता है कि स्...
- कैसे चले गये?...? क्योंकि उस तरह के आदमी तैयार न किये जा सके। अगर आदमी तैयार करने के साँचे हमारे पास होते, तो मित्रो...
- कैसे जल गई है?...? बेटे! सबसे पहले जीभ जलती है कुधान्य खाने से और अभक्ष्य खाने से।...
- कैसे जलता रहता है?...? जैसे श्मशान जलता रहता है और उस श्मशान में भूत और पिशाच जलते रहते हैं। इस तरह से हमारा बेहतरीन कंप्यू...
- कैसे जलता रहता है?...? जैसे श्मशान जलता रहता है और उस श्मशान में भूत और पिशाच जलते रहते हैं। इस तरह से हमारा बेहतरीन कंप्यू...
- कैसे जिन्दगी जी ली?...? गायत्री मंत्र ने कहा था—गायत्री साधक दीर्घजीवी होता है। और हम दीर्घजीवी हैं। सत्तर वर्ष के होते हु...
- कैसे जिन्दा रहता है?...? वैसे बेटे ढेरों आदमी हुए हैं प्राचीनकाल में जिन्होंने लम्बी जिन्दगी पाई और मौत के मुँह में से छुटकार...
- कैसे जीवन को ऊँचा उठाया जाता है, समाज की समस्याओं को कैसे हल किया जाता है?...? यह आप लोगों को सिखाया जाएगा। दावत है आप सबको। आप सबमें जो विचारशील हों, भावनाशील हों, हमारे इस कार्य...
- कैसे टाँगेगा, उलटा या सीधा?...? महाराज जी! टाँगूँगा तो सीधा। बेटे, हमारा कहना मान, तो उलटा टाँग दे फोटो को। उलटा टाँग देगा, तो ज्याद...
- कैसे ठीक रखी जा सकती है, ये सभ्यता और शिष्टाचार सीख सकते हैं, पर उनका भावात्मक विकास नहीं हो सकता?...? क्योंकि जिन माँ-बाप के मनों में परिवार के प्रति, एक-दूसरे के प्रति प्यार-मुहब्बत और आदर्श-कर्तव्यन...
- कैसे तन्मय होता चला जायेगा?...? कैसे एकाग्रता आती चली जायेगी? जिस एकाग्रता की वजह से भाप कमाल दिखाती है। भाप जब चारों ओर फैलती र...
- कैसे तबाह कर दिया?...? जैसे कि आपने अपने बगीचे को तबाह कर दिया। आपने अपना दिमाग खराब कर लिया, अपना खानदान तबाह कर दिया और अ...
- कैसे तैयार करना चाहिए?...? इसके लिए रुक्मिणी और श्रीकृष्ण दोनों के दोनों ही उस स्थान पर हिमालय में चले गए जिसको आजकल बदरीनारायण...
- कैसे थे पाँच बच्चे?...? तो क्या उनमें एक था आई.ए.एस. एक था इन्कम टैक्स आफीसर, एक था सी.बी.आई. आफीसर आदि। इस तरह क्या उन्होंन...
- कैसे दिखाई नहीं पड़ती?...? तीन- चार वजह हैं जिससे हमें मालूम पड़ता है कि हम मौत की ओर जा रहे हैं और सामूहिक आत्महत्या करने क...
- कैसे दिखाई पड़ता है?...? आप समुद्र के किनारे बैठ जाइए। आपको आने वाले जहाजों के मस्तूल दिखाई दे रहा है, थोड़ी देर में पूरा जहाज...
- कैसे दुःख और आश्चर्य की बात है कि रूढ़िवादिता के पक्षपाती व्यक्तियों की समझ में यह छोटी सी बात भी नहीं आती, कि जब नारियाँ वेदमंत्रों की स्रष्टा हो सकती हैं तो उन्हें पढ़ने का अनधिकारी कैसे कहा जा सकता है?...? ज्ञान और अध्यात्म के क्षेत्र में तो नर-नारी का भेद करना किसी भी तरह उचित नहीं ठहराया जा सकता। परब्रह...
- कैसे दुःखी हो रहा है?...? कौन है तू? तो वह बोले—हम साधना करने वाले एक व्यक्ति हैं और तेरह वर्ष तक गायत्री की उपासना करते रहे, ...
- कैसे दें, लेगा कहाँ?...? आशीर्वाद को लेने के लिए ताकत चाहिए। हजम करने के लिए शक्ति चाहिए, उसको धारण करने के लिए क्षमता चाहिए।...
- कैसे देखा जा सकता है?...? बेटे! भावनाओं के द्वारा देखा जा सकता है और कोई चीज या तरीका नहीं है। कैसे देखा जा सकता है? बेटे! हम ...
- कैसे देता है?...? तकिये को नाक से लगाकर सूधिए। धत् तेरे की! सारे सिर के बाल, सारा सिर का तेल चिपक-चिपक कर ऐसे हो गया ह...
- कैसे नंगा करके?...? जैसे मिलिट्री में भर्ती किये जाते हैं॥ पहले तो लंबाई, ऊँचाई देखते हैं। फिर कमरे में ले जाते हैं...
- कैसे नहीं मानते?...? लाओ हम उनके झंडे को उखाड़ फेंके, फिर देखो क्या होगा? मुसलमान भी प्रतीकों को नहीं मानते हैं क्या? मक्क...
- कैसे नहीं मानते?...? लाओ हम उनके झण्डे को उखाड़ फेंके, फिर देखो क्या होगा? मुसलमान भी प्रतीकों को नहीं मानते हैं क्या? मक्...
- कैसे नाराज हो जाएगा?...? भाव चाहिए भगवान को, साधन-सामग्री नहीं
पण्डित जी को कथा कहने के लिए, ब्याह-शादी कराने के लिए...
- कैसे निकलता है?...? बा ! अरे बेटे ये क्या बोलता है? यूँ मत बोल। तो फिर कैसे बोलूँ? तू ऐसे बोल, जैसे कि भैरवी रागिनी गाई ...
- कैसे निकलता है?...? बा ऽऽऽ। अरे बेटे ये क्या बोलता है? यूँ मत बोल, तो फिर कैसे बोलूँ? तू ऐसे बोल जैसे कि भैरवी रागिनी गा...
- कैसे निकालना चाहिए?...? उन्होंने वराह भगवान् का रूप बनाया, जो समुद्र में भी चल सकते थे, पानी में भी चल सकते थे और जमीन पर भी...
- कैसे निकाली ब्रह्माजी ने?...? निकालने का तरीका तो हमको मालूम नहीं है, आपके पास कोई तरीका हो तो बताइये? जेब काटने का तरीका सबको माल...
- कैसे निभेंगे सम्बन्ध?...? निकाल दो बाहर। हिन्दू धर्म बेकार है। ईसाई धर्म अच्छा है। इसमें कोई खर्च नहीं, कोई बात नहीं कोई पैसा ...
- कैसे पकड़ लाया करूँ?...? ऐसे ही चला जाया कर। सब पकड़ में आ जाएँगे हिरन। कैसे पकड़े जाएँगे? गुरुजी बताइये ऐसा कर। एक माला ले आना...
- कैसे पकड़े जाएँगे?...? गुरुजी बताइये ऐसा कर। एक माला ले आना। माला लेकर के पेड़ के नीचे बैठ जा और चाहे तो घूमते रह। क्या करूँ...
- कैसे पड़ता है?...? हमारे शरीर के ऊपर बहुत सारे बन्धन थे। उनमें ढील की कोई गुंजाइश नहीं थी। आसन के बारे में आपको मालूम नह...
- कैसे परिष्कृत होता है?...? आध्यात्मिक जीवन के लिए भी, भजन करने के लिए भी हमारा भौतिक जीवन तपस्वी होना चाहिए। कैसे? आप जब इंजेक्...
- कैसे पवित्र हो सकते हैं?...? यह पवित्रता का दिन है।
गायत्री शोधन करती है, ज्ञान को बढ़ाती है, ऊर्जा देती है, धन-दौलत देती है, इ...
- कैसे पवित्र हो सकते हैं?...? यह पवित्रता का दिन है।
गायत्री शोधन करती है, ज्ञान को बढ़ाती है, ऊर्जा देती है, धन-दौलत देती है...
- कैसे पहुँच सकता है?...? फिर आप क्या कह रहे थे? बेकार की बातें बताते हैं आप हमको। नहीं बेटे, हम बेकार की बातें नहीं बताते। हम...
- कैसे पूरी करूँ?...? 'यो मां जयति संग्रामे' जो मुझको संग्राम में जीतेगा। आ जा मुझसे लड़, इतना पराक्रम, इतना पौरुष, इतना स...
- कैसे पूरी करूँ?...? '' यो मां जयति संग्रामे '' जो मुझको संग्राम में जीतेगा। आ जा मुझसे लड़, इतना पराक्रम, इतना पौरुष, इतन...
- कैसे पूरे होंगे?...? देख, मथुरा में हमने एक हजार कुण्ड का यज्ञ किया था और उसमें चार लाख आदमी आए थे और पाँच दिन ठहरे थे। पा...
- कैसे प्यार करता है?...? भाई साहब! हम आपको बहुत प्यार करते हैं। तो कल क्या करेंगे? कल हम आपका मेजर ऑपरेशन करेंगे। क्या ऑप...
- कैसे प्यार करता है?...? यह तलाश करता फिरता है कि खरगोश कहीं से मिले तो मैं चटकर जाऊँ। छोटा बच्चा मिले तो बहुत अच्छा, क्योंकि...
- कैसे प्राप्त कर सकते हैं?...? इन पाँच देवताओं की साधना करके। ये देवता कौन से हैं?
ऐसे देवताओं का नाम, पता भी नहीं मालूम है। उन...
- कैसे प्राप्त नहीं होता है?...? सब कुछ प्राप्त होता है। मैं तो कहती हूँ कि धन-दौलत पीछे-पीछे फिरती है। ऐसे क्यों फिरती है? ऐसा क्यों...
- कैसे प्राप्त नहीं होता है?...? सब कुछ प्राप्त होता है। मैं तो कहती हूँ कि धन-दौलत पीछे-पीछे फिरती है। ऐसी क्यों फिरती है? ऐसा क्यों...
- कैसे फर्क पड़ जाता है?...? जब वे ऊपर आसमान की ओर देखते हैं तो कहते हैं कि भगवान की बनायी हुई मूल्यवान चीजें किस तरीके से जीवन-य...
- कैसे फल होते हैं, जरा दिखाइए?...? उन्होंने टोकरी में से निकालकर मिठाइयाँ, गुलाब जामुन उनके हाथ पर रख दिया। शृंगी ऋषि भागते हुए अपने पि...
- कैसे फल होते हैं, जरा दिखाइए?...? उन्होंने टोकरी में से निकालकर मिठाइयाँ, गुलाब जामुन उनके हाथ पर रख दिया। शृंगी ऋषि भागते हुए अपने पि...
- कैसे बता दें कि कैसा होता है?...? बहुत देर तक बहस चलती रही। कैसे बतायें कि ब्रह्मानन्द क्या होता है? आत्मा और परमात्मा का मिलन कैसा हो...
- कैसे बतायें कि ब्रह्मानन्द क्या होता है?...? आत्मा और परमात्मा का मिलन कैसा होता है? इसकी व्याख्या कैसे करें?
ब्रह्मानन्द कैसा?
...
- कैसे बदल जाए मन?...? आप एक काम कर दें मेरा, तो मैं आपकी सारी जिम्मेदारियाँ उठाने को तैयार हूँ। सब जिम्मेदारियाँ, जो कुछ भ...
- कैसे बदल पायेंगे बनावट को?...? पर प्रकृति बदल सकती है। जिस पानी के स्नान करने का गोस्वामी जी ने माहात्म्य बताया है, वास्तव में वह प...
- कैसे बन गया?...? अपने गुरु की कृपा से वह बनता हुआ चला गया। उसने अपने अहं को गला दिया और अपने गुरु से उसने कहा कि जो भ...
- कैसे बन सकता है?...? आप मिट्टी लीजिए, मिट्टी से ईंटें बनाइये और ईंटें बना करके बाजार में बेच दीजिए और पैसा कमा लाइये। मिट...
- कैसे बन सकती है?...? जब वे शामिल हो जाएँ तब। और न मिलें तो? तो गंगा अपनी जगह पर ठीक है और यमुना अपनी जगह पर ठीक है, पर त्...
- कैसे बन सकती है?...? एक ही तरीका है बेटे आप हमारे जिम्मे अपना अहं छोड़ दो, बस! सामान हम आपको सब दे देंगे। आपकी औरत को हम न...
- कैसे बना पाएँगे?...? आप अपने बच्चे के लिए इतना खर्च कहाँ से दे पाएँगे? आप अपनी लड़की को लाख-करोड़ रुपये दहेज में कैसे दे पा...
- कैसे बना ली आपने हवेली?...? अरे आप सब जानते हैं कि हम नंबर दो का काम करते हैं। कैसे बना ली? ये दीवार कहती है, ईंटें कहती हैं, आद...
- कैसे बना ली आपने हवेली?...? अरे आप सब जानते हैं कि हम नंबर दो का काम करते हैं। कैसे बना ली? ये दीवार कहती है, ईंटें कहती हैं, आद...
- कैसे बना ली?...? ये दीवार कहती है, ईंटें कहती हैं, आदमी कहता है, मकान कहता है, सम्पत्तियाँ कहती हैं, आकर्षण कहता है, च...
- कैसे बना ली?...? ये दीवार कहती है, ईंटें कहती हैं, आदमी कहता है, मकान कहता है, सम्पत्तियाँ कहती हैं, आकर्षण कहता है, च...
- कैसे बना सकता है?...? हम अपने छापाखाना में छाप-छाप करके बहुत से भगवान बना देते हैं। आप जयपुर चले जाइए। वहाँ दे-दनादन हथौड़...
- कैसे बना सकते हैं?...? जनेऊ में अगर हमारी निष्ठाएँ और आस्थाएँ शामिल हो जाएँ तो क्या से क्या हो सकता है? उस श्रद्धा को जिस श...
- कैसे बनाया था गुरु द्रोणाचार्य को?...? मिट्टी का बनाया था, जो इतना जबर्दस्त था कि पाण्डवों के जो असली गुरु द्रोणाचार्य थे, वे इतना काम नह...
- कैसे बनें आध्यात्मिक?...? मित्रो! क्या हम सन्त नहीं हो सकते? हाँ, हम सन्त हो सकते हैं। हम ज्ञानी हो सकते हैं। हम तपस्वी हो सकत...
- कैसे बिगाड़ दी आपने घड़ी?...? घड़ी हमारी है और हमारे कमरे में रखी है तो हो गई न हमारी सम्पत्ति? अगर इसको बेच दें तब? तब आपकी हो गई।...
- कैसे बिगाड़ दी आपने घड़ी?...? घड़ी हमारी है और हमारे कमरे में रखी है तो हो गई न हमारी सम्पत्ति? अगर इसको बेच दें तब? तब आपकी हो गई। ...
- कैसे बैठा जा सकता है?...? कैसे मालदार बना जा सकता है? बेटे, इस तरीके से मालदार बना जा सकता है, जैसे कि भगवान के भक्त बने थे। क...
- कैसे बो दिया गया?...? बेटे! ऐसे बो दिया गया कि थोड़े-से आदमी थे, लेकिन वे एक-से-एक बढ़िया त्याग करने पर उतारू हो गए। रामचंद्...
- कैसे बो दिया गया?...? बेटे! ऐसे बो दिया गया कि थोड़े से आदमी थे, लेकिन वे एक से एक बढ़िया त्याग करने पर उतारू हो गए। रामचंद...
- कैसे भुला सकते हैं?...? आप भुला सकते हैं? आप नहीं भुला सकते। किसी भी कीमत पर आप भुला नहीं सकते।...
- कैसे मजा आ जायेगा?...? आपकी वह दुनिया, जिसको अकल की दुनिया कहते हैं, उसमें से आगे उठ करके एक कदम और बढ़ा सकें, जिसको हम अध्...
- कैसे मन लगेगा और क्यों मन लगेगा?...? मन कैसे लगेगा, आपने स्वरूप ही ऐसा बना लिया है कि वह उसी में घूमता रहेगा, चलता रहेगा। आपने यह खिलौना ...
- कैसे मर गये?...? भूख से मर गये, बीमार होकर मर गये, तड़प-तड़प कर मर गये।पृथ्वी दुबारा आयी और अपने बच्चों को रोते हुए, ...
- कैसे मरा-मरा जपूँ?...? ऐसे जप कि उसका पहिया ठीक से घूम जाए। पहिये में विराम नहीं आए। विराम आ जाएगा, तो गड़बड़ फैल जाएगी, जैसे...
- कैसे मानें कि समर्पण किया है किसी ने कि नहीं?...? अपना सुख बाँटना और दूसरे के दुःखों को बँटाना। किसी के दुःख को आप बँटाते हैं और सुखों को आप लाकर के द...
- कैसे मालदार थे?...? आध्यात्मिक दृष्टि से मालदार होने की वजह से दुनिया में भारत भूमि, ग्रेटर इण्डिया, बृहत्तर भारत के नाम...
- कैसे मालदार बना जा सकता है?...? बेटे, इस तरीके से मालदार बना जा सकता है, जैसे कि भगवान के भक्त बने थे। कौन-कौन बने थे? एक-दो के नाम ...
- कैसे मिट्टी पलीद हो गई?...? हमारी बहुत मिट्टी पलीद हो गई। हमें जिससे आत्मा का परिपोषण, प्यार मिलता था, उस माँ को हम भूल गए। उसे ...
- कैसे मित्र बनें?...? आप हमारा सहयोग कीजिए, हम आपका सहयोग करेंगे। अन्धे और पंगे का उदाहरण पेश कीजिए। अन्धे को आँख से दिखाई...
- कैसे मिल गया?...? राजा साहब के पास बैठने से, राजा साहब के पास एक घण्टा बैठने का लाभ पण्डित जी को मिल गया।...
- कैसे मिल जाना?...? क्या भगवान के साथ मनुष्य को मिलाया जा सकता है? हाँ, बेटे! मिलाया जा सकता है। भगवान के साथ हम उसी तरी...
- कैसे मिलता है?...? ये मशीनें काम कर रही हैं। क्या पहचाना? देखिये, इसमें ये लाल बत्ती लप-लप कर रही है। ये कहती है लाल रं...
- कैसे मेरी बात सुन रहे हैं?...? शरीर है तो आपके पास श्रम करने की भी ताकत है। आप कृपा करके जितना वाला श्रम अपने लिए करते हैं, अपनी औल...
- कैसे याद कर रहे हो पहाड़े याद?...? पाँच एकम पाँच, पाँच दूनी दस, पाँच तिया पन्द्रह, पाँच चौका बीस—बार-बार, बार-बार। हाँ साहब! बार-बार या...
- कैसे लगाना है माताजी?...? पाँच मिनट की यह साधना है।
बाकी की बात मैं पीछे कहूँगी कि आप बैठ करके पाँच मिनट यह साधना कीजिए कि ह...
- कैसे लगाया जाता है खाद-पानी?...? चलिए मैं आपको दो घटनाएँ अपने जीवन की सुना देता हूँ। सारी तो अधिक हैं, मुश्किल पड़ेगी पर दो घटनाएँ सुन...
- कैसे ले लिया?...? अपनी अहंता को मिटा करके ले लिया था। जिस उपासना के बारे में अभी मैं कह रही थी, सच्चे अर्थों में जो उप...
- कैसे व्यक्ति अमर होते हैं?...? ऐसे व्यक्ति जिनके अन्दर शालीनता पैदा हो जाती है। आदर्श और सिद्धान्त जिनके रोम-रोम में समा जाता है, ...
- कैसे व्यक्ति अमर होते हैं?...? ऐसे व्यक्ति जिनके अन्दर शालीनता पैदा हो जाती है। आदर्श और सिद्धान्त जिनके रोम-रोम में समा जाता है, वही...
- कैसे व्यवहार करें?...? उसके लिए आपको विचार करना होगा। रामराज की दुकान पर गरमागरम मलाईदार दूध मिलता है। ब्लॉटिंग पेपर के मला...
- कैसे शामिल हो जाएँ?...? यह आपत्तिकाल है। आपत्तिकाल में आपत्तिकालीन कार्यक्रम बना लें तो ठीक रहेगा। आपत्तिकालीन क्रियाकलाप मे...
- कैसे शुरुआत करनी पड़ी?...? तो वहाँ जो आदमी छोटे से खानदान में था., उन्होंने कहा कि हम अपने नमूने पेश करेंगे लोगों के सामने कि द...
- कैसे शुरुआत करनी पड़ी?...? वहाँ जो आदमी छोटे से खानदान में थे, उन्होंने कहा कि हम अपने नमूने पेश करेंगे लोगों के सामने कि दैवी ...
- कैसे सम्भव होगा?...? आप कुछ सहयोग करेंगे और हम आपकी सहायता करेंगे। कल हमने कहा था कि आपको अपने भीतर के दृष्टिकोण को बदल द...
- कैसे समझदार कहूँ?...? मैं तो उन्हें नासमझ कहूँगा। आपकी दुनिया नासमझ है और आध्यात्मिकता का उद्देश्य आदमी की नासमझी को समझदा...
- कैसे समझदार कहूँ?...? मैं तो उन्हें नासमझदार ही कहूँगा। आपकी दुनिया नासमझ है और आध्यात्मिकता का उद्देश्य आदमी की नासमझ को ...
- कैसे समयदानी है?...? आप एक महीने के बाद जन्म लेने वाले हैं तथा उसके बाद गोद में खेलेंगे। बाद में तैयार हो जाएँगे तथा हमार...
- कैसे सम्भव था यह?...? तीसरा चरण एक और था। इन्द्रियाँ मनुष्य की बनाई गयी थीं कि मनुष्य का जीवन आनन्द से भरा हुआ रहे, उल्लास...
- कैसे सम्भव हुआ?...? तपश्चर्या के द्वारा। आपने परशुराम जी के बाबत सुना है। उनके पास एक ऐसा कुल्हाड़ा था, जिस कुल्हाड़े को...
- कैसे सम्भव हुआ?...? तपश्चर्या के द्वारा। आपने परशुराम जी की बावत सुना है? उनके पास एक ऐसा कुल्हाड़ा था...... कुल्हाड़े को ...
- कैसे सम्मान मिला?...? उन्होंने छोटे-छोटे बच्चों को कहानियाँ सुनाना शुरू किया। कहानियाँ सुनाकर के हम उनका मनोरंजन कर सकते ह...
- कैसे साबित करेंगे?...? आग और पानी छोटे स्तर पर बैरी होते हैं, किन्तु बड़े स्तर पर बैरी नहीं होते। बड़े स्तर पर जब दोनों आपस म...
- कैसे सुपुर्द करेंगे?...? बेटे! हमारी महत्त्वाकांक्षाओं को जब देखेगा तो तू कहेगा कि गुरुजी तो पागल हैं और सनकते रहते हैं। जब ह...
- कैसे सुपुर्द करेंगे?...? बेटे! हमारी महत्त्वाकांक्षाओं को जब देखेगा तो तू कहेगा कि गुरुजी तो पागल हैं और सनकते रहते हैं। जब ह...
- कैसे सेवा नहीं होगी?...? आप नर रत्नों का उत्पादन घर की खदान में कर सकते हैं, अगर आप अपने घर का संस्कारी वातावरण बना लें। सब ल...
- कैसे स्थापना हुई?...? शिखा और सूत्र के रूप में हुई। शिखा क्या है? शिखा एक विवेकशीलता की देवी, ज्ञान की देवी हमारे मस्तिष्क...
- कैसे स्थापना हुई?...? शिखा और सूत्र के रूप में हुई। शिखा क्या है? शिखा—एक विवेकशीलता की देवी, ज्ञान की देवी हमारे मस्तिष्क...
- कैसे स्नेह, प्यार देगा?...? अगर राजकुमार से विवाह करना हो, तो लड़की भी ठीक होनी चाहिए। अगर आप कोढ़ी हैं, तो अच्छी लड़की आपको नहीं...
- कैसे स्वर्ग बनेगा?...? हम और आप दो मिलकर के बना सकते हैं। हमारे यहाँ बन रहा है पार्क, दो आदमी बना रहे हैं। एक तो मिस्त्री क...
- कैसे हम दूसरी की मदद करें?...? जब आप दूसरों की सहायता करने के लिए आमादा होंगे तो आपको अपने में से कटौती करनी पड़ेगी। तब फिर आपको साध...
- कैसे हम दूसरों की मदद करें?...? जब आप दूसरों की सहायता करने के लिए आमादा होंगे तो आपको अपने में से कटौती करनी पड़ेगी। तब फिर आपको सा...
- कैसे हम सम्पत्तिवान बन सकते हैं?...? कैसे हम सेठ आदमी बन सकते हैं? इस उपासना को मैं कल से आपको बताऊँगा।अभी आपको गायत्री उपासना के आधार पर...
- कैसे हम सेठ आदमी बन सकते हैं?...? इस उपासना को मैं कल से आपको बताऊँगा।अभी आपको गायत्री उपासना के आधार पर जो संकेत दिए गए थे, सिम्बल बत...
- कैसे हमारे भीतर आग जला सकती हैं और जिस किसी के ऊपर हम उन्हें बिखेर दें, तो वह कैसे निहाल हो सकता है?...? इस सारी की सारी फिलॉसफी का नाम है-ज्ञानयोग। मित्रो! ज्ञानयोग या भक्तियोग की शुरुआत या अभ्यास हम भग...
- कैसे हुआ था जानते हैं?...? मथुरा जिले में कोसी नाम की एक जगह है। उसके पास मन्दिर में एक महात्मा रहते थे। तपसी बाबा उनका नाम था। ...
- कैसे हुआ था?...? एक ब्राह्मण ने किया था। ब्राह्मण को चांडाल की सात दिन बाद एक रोटी मिली थी तो वह खड़ा हो गया था और चिल...
- कैसे हुई थी?...? बेटे! वे परम्पराएँ आरम्भ की गईं, जिनको देख करके दूसरों की हिम्मत बढ़ती है, हौसले बढ़ते हैं। हौसले बढ़ाने ...
- कैसे हुई थी?...? बेटे! वे परम्पराएँ आरम्भ की गई, जिनको देख करके दूसरों की हिम्मत बढ़ती है, हौंसले बढ़ते हैं। हौंसले बढ़ा...
- कैसे हैं आपके शंकर भगवान?...? आपके शंकर भगवान ऐसे हैं कि सावन का महीना आया और तीन तिपाई पर तीन घड़े में छेद करके पानी भरकर उनके स...
- कैसे हैं भवानी-शंकर?...? फिर मैं तलाश करने लगा। भवानी कहाँ रहती है? और शंकर कहाँ रहते हैं? भवानी और शंकर का साँप कितना बड़ा है...
- कैसे हो गई?...? यह हो गया उसके समर्पण से। पति के लिए वह समर्पित हो गई तो क्या हो गया, पति की जो भी सम्पत्ति थी, उसकी ...
- कैसे हो गए वाल्मीकि?...? मैं क्या कह सकता हूँ आपको। वाल्मीकि ऐसे हो गए कि तमाम जगह उनको राम नाम दिखाई पड़ने लगा—सियाराममय सब ज...
- कैसे हो गए?...? बेटे और कोई तरीका नहीं है अपने आपको त्याग की बलिवेदी पर समर्पित करने के अलावा। अगर हमारे व्यक्तिगत ज...
- कैसे हो गए?...? बेटे और कोई तरीका नहीं है अपने आप को त्याग की बलिवेदी पर समर्पित करने के अलावा। अगर हमारे व्यक्तिगत ...
- कैसे हो गए?...? अनुदान था।आप समझिए ऊँचे सिद्धान्तों को। आप तो समझना भी नहीं चाहते। श्रीकृष्ण भगवान और रामचन्द्र जी न...
- कैसे हो गया यह सब?...? उसने अपने आपको बदल दिया और उसका कायाकल्प हो गया। कायाकल्प कैसे होगा? यही मैं आपको बताने वाला हूँ, पर...
- कैसे हो गया यह?...? ऐसा इसलिए हो गया कि उन्होंने अपने आप को समर्पित कर दिया। नदी, नाला आप जैसा हो जाता है और कहता गंगाजी...
- कैसे हो गया?...? नाले ने अपने आपको समर्पित कर दिया। किसको? नदी को। अगर समर्पित न करता तब? अगर आपके जैसी मनः स्थिति का...
- कैसे हो गया?...? दबाव डालने वाले व्यक्ति जो आदमी की इच्छा के विरुद्ध भी बात कह सकते हों, उसे नाखुश भी कर सकते हो और उ...
- कैसे हो गये?...? हमने अध्यात्म का रोजगार किया है और हमारे बराबर फायदा किसी ने नहीं उठाया। हमारे घर वाले, खानदान व...
- कैसे हो जाएँगी?...? आप्तकाम क्या होता है? कामना का स्तर बदल देता है। स्तर बदल देने की वजह से सारी-की-सारी समस्याओं का सम...
- कैसे हो जाएँगी?...? आप्तकाम क्या होता है? कामना का स्तर बदल देता है। स्तर बदल देने की वजह से सारी की सारी समस्याओं का सम...
- कैसे हो जाएँगे जरा बताइये?...? देखिये अब हम माला घुमाते हैं। क्या घुमाते हैं—च्यवनप्राश आँवलाय नमः, च्यवनप्राश आँवलाय नमः। बेटे! ऐस...
- कैसे हो जाएगा?...? गुरुजी! हमने तो अपने चारों बच्चों को चार-चार सौ रुपया महीना देकर देहरादून के पब्लिक स्कूल में भेज ...
- कैसे हो जाएगा?...? बेटे! उसका एक ही आधार है, और दूसरा कोई भी नहीं है और उसका नाम हैं-दृष्टि। अभी मैंने आपको उस आदमी का ...
- कैसे हो जाएगा?...? गुरुजी! हमने तो अपने चारों बच्चों को देहरादून के पब्लिक स्कूल में भेज दिया है। उससे क्या हो जाएगा? उ...
- कैसे हो जाएगा?...? अभी तो चौबीसों घण्टे आपकी अकल एक ही बात के सपने देखती रहती है, कि लोभ-मोह की पूर्ति कैसे हो? सारी की...
- कैसे हो जाता है?...? शृंगी ऋषि का नाम आपने सुना होगा। उनने एक शाप दिया तो, राजा परीक्षित मिट्टी में मिल गया व वरदान दिया,...
- कैसे हो जायें?...? जो कदम से कदम मिलाकर के चलें और नियमित रूप से चलें। नियमित रूप का महत्त्व होता है। अनुष्ठान किसे कहत...
- कैसे हो पायेगा?...? ये प्रकृति का नियम कोई नहीं बदल सकता। भगवान ने प्रकृति के नियमों को ऐसा बना दिया है कि वो अपने स्थान...
- कैसे हो सकता है?...? ऐसे हो सकता है कि उनकी अस्थियों के भीतर इतना शक्तिशाली माद्दा पैदा हो गया था कि उसके प्रभाव को असुर ...
- कैसे हो सकता है?...? उपासना से हो सकता है।मित्रो! आध्यात्मिकता के सहारे व्यक्ति मालदार भी हो सकता है और सम्पन्न भी हो सकत...
- कैसे हो सकता है?...? कैसे हो सकता है? चलिए मैं बताता हूँ। अगर आदमी गायत्री मंत्र के आधार पर वास्तव में ध्यान करे तो क्या-...
- कैसे हो सकता है?...? बस यही है मेरे अनुसन्धान का सार-निष्कर्ष। यह वहाँ से प्रारम्भ हुआ जब एक बार गायत्री मंत्र का प्रारम्भ...
- कैसे हो सकता है?...? ऊँचे उद्देश्यों के लिए, खासतौर से उस समय जबकि भगवान अवतार लिया करते हैं, तब जो आदमी उनके कन्धे से अप...
- कैसे हो सकती है?...? मैं आपको बताता हूँ।सांसारिक मनोकामनाएँ क्या होती हैं? सांसारिक मनोकामनाएँ घुमा-फिरा कर एक ही है कि ह...
- कैसे हो सकती हैं?...? आध्यात्मिकता के सिद्धान्तों को अपनाकर हो सकती हैं, जिसे हम आपको सिखाते हैं। इसलिए हम इतना जोर लगात...
- कैसे हो सकते हैं?...? अगर आप ये निश्चय कर लें कि हमको इस शरीर को देना है। क्या देना है? इस शरीर को ख्याति देनी है, यश देना...
- कैसे हो सकते हैं?...? अगर आप ये निश्चय कर लें कि हमको इस शरीर को देना है। क्या देना है? इस शरीर को ख्याति देनी है, यश देना...
- कैसे हो सकेगा?...? जाने कितने जन्मों के संस्कार बेचारी लेकर आई है! ठीक है, आप उसकी सेवा कर सकते हैं। बच्चे हैं, न जाने ...
- कैसे होगा यह अवतार?...? आपको मालूम है ना कि सीताजी का जन्म क्यों हुआ था? रावण को मारने के लिए जब सीताजी की जरूरत थी तब ऋषियो...
- कैसे होगा यह अवतार?...? आपको मालूम है न कि सीताजी का जन्म क्यों हुआ था? रावण को मारने के लिए जब सीताजी की जरूरत थी, तब ऋषियो...
- कैसे होता है?...? अरे भाई साहब! एक बार बुखार आ गया तो हमारा जो वजन एक सौ बाइस पौण्ड था, घटकर वह नब्बे पौण्ड रह गया। फि...
- कैसे-कैसे करता है?...? गुरुजी! मेरे को तो यह बताया गया था कि नाक में भीतर तक एक रस्सी डाल लो। वह अन्दर तक चली जाती है और फ...
- कैसे-कैसे पूजन करेंगे?...? दिखाइये।देखिये साहब! च्यवनप्राश-आँवला रखा हुआ है। हाँ, रखा हुआ है। देखिये, हमने अभी इसको छुआ नहीं है...
- कैसे-कैसे बँगले बने हुए हैं?...? कैसी-कैसी मोटरें आ रही हैं। करोड़ों रुपया कहाँ से इकट्ठा हो रहा है? आप अपने यहाँ देख लीजिए न? निगाह...
- कैसे-कैसे बच्चे हैं, आप इनको कुछ भी नहीं देंगे?...? शंकर जी ने कहा कि एक बार तो हम आपके कहने में आ गए, पर अब हम इन्हें वरदान नहीं देंगे। पार्वती जी ने क...
- कैसे-कैसे बढ़िया कलाकार पैदा करता है?...? कभी किसी को संगीतकार, किसी को वक्ता, किसी को अनुभव ही नहीं है। लेखक न जाने कितने तैयार कर देता है, आ...
- कॉलेज और स्कूल कितने हैं?...? लाखों की तादाद में हैं। और लेक्चरर? जितने देखिए लेक्चरर ही लेक्चरर। लेक्चर से हम जनता का उद्धार कर द...
- कोई भी देख सकता है कि उदासी के रहते चेहरा कितना कुरूप दीखता है और अक्षमता का कितना विज्ञापन करता है?...? इसके विपरीत खिले फूल सा चेहरा कितना सुन्दर लगता है और कितनी तितलियों और मधुमक्खियों पर अपना आश्रय ...
- कोई (त) तपस्वी बनता क्यों?...? कोई (न) निग्रहित अपने आप को करता क्यों? (क्यों) अपनी इन्द्रियों को मारता क्यों? फिर तो अपना मनमौजी ज...
- कोई (न) निग्रहित अपने आप को करता क्यों?...? (क्यों) अपनी इन्द्रियों को मारता क्यों? फिर तो अपना मनमौजी जीवन जिया करते, विलासिता का जीवन जिया करत...
- कोई अकल देने वाला है कि ये सारा-का-सारा संसार हमारा विनाश के कगार में चलता हुआ चला जा रहा है?...? हमारी आग ले जाएँ
विध्वंशकारी है यह विज्ञान। विज्ञान है न, अकल है न? बेटे! यह किस काम की। किसी काम...
- कोई अपने आप क्यों आने लगा?...? हनुमान जी थे, जिन्होंने कि सारे साधन इकट्ठा करने में, जुटाने में पूरी-पूरी मेहनत की और लंका को परास्...
- कोई आँख से उन्नति करता है क्या?...? आँख नहीं है तो क्या हुआ? मैं उसके बिना भी उन्नति करता हुआ चला जाऊँगा। सूरदास बढ़ते हुए चले गए। आगे ब...
- कोई आगे बढ़ेगा तो कैसे?...? खुशहाल होगा तो कैसे? देश की दौलत बढ़ेगी तो कैसे? हमें देश में फैक्ट्री लगानी चाहिए, इसके लिए आप कुछ म...
- कोई इसकी देखभाल नहीं होनी चाहिए?...? कोई इसको दूर करने की बात नहीं होनी चाहिए? हाँ, होनी चाहिए। इन्सान ने ही गिराया है। इन्सान बड़ा ताकतवर...
- कोई इसको दूर करने की बात नहीं होनी चाहिए?...? हाँ, होनी चाहिए। इन्सान ने ही गिराया है। इन्सान बड़ा ताकतवर है। भगवान के बाद दूसरा नम्बर है इन्सान का...
- कोई उपाय बताइए?...? साधु बोला-अपनी स्त्री से जाकर पूछो। वह मनुष्य घर लौटा तो देखा स्त्री गोबर से घर की लिपाई कर रही है। ...
- कोई ऊँचे स्तर से विचार करेंगे, तो आपके भूतकाल को कैसे प्रोत्साहित करेगा?...? आप अपने भविष्य को ऐसा मत बनाइए। भविष्य को आप ऐसा बनाइए कि जब तक रहें, तब तक सन्तोष करते रहें और जब नह...
- कोई ऐसा प्राणी है, जो हवा में साँस नहीं लेता हो?...? जो चीज हमने हवा में मिला दी है, वह सबके पास चली जायेगी। हमारा एक छटॉक घी—करोड़ों, अरबों, खरबों आदमियो...
- कोई ऐसा मेहमान आ जाए, जो आपका समय खराब करने चला आए, जिससे आपको कोई फायदा नहीं है, जिससे आपकी कोई जान-पहचान नहीं है, तब क्या आप उसको पसन्द करेंगे?...? स्वागत करेंगे? चाय पिलाएँगे? घंटों बातचीत करेंगे? नहीं ऐसा नहीं हो सकता। आपसे कोई काम-काज की बात भी ...
- कोई ऐसे मौन होता है?...? साहब! उपवास करते हैं। क्या उपवास करता है? नहीं साहब! कुछ रबड़ी खाता हूँ, कुछ पकौड़ी खाता हूँ, कुछ जलेब...
- कोई और नहीं रहता?...? बेटे! हमारे पास इतने आदमी रहते हैं कि बारह से पाँच बजे तक भीड़ लगी रहती है। किसकी? आप लोगों की भीड़ ...
- कोई और बताओ?...? अब और कुछ बताओ? तुम्हारा दिवाला निकल गया। पढ़ाई खत्म? अभी और है पढ़ाई हमारे पास। क्या पढ़ाई है? हमारे प...
- कोई और बाकी रह गया है?...? नहीं और कोई नहीं॥ हमें सबने इंकार कर दिया। एक भी आदमी हमारी सहायता करने के लिए रजामंद नहीं है। अब त...
- कोई और रास्ता बताइए?...? बुद्ध ने कहा, नहीं बेटे, हम जिस रास्ते पर चले हैं, उससे अच्छा कोई रास्ता नहीं हो सकता है। अगर रहा हो...
- कोई और सलाहकार बना लें तो?...? हाँ बेटे! बना ले, परंत ये बड़े निकम्मे हैं और ये तेरे सलाहकार नहीं हो सकते। ऊँचा उठने के लिए कोई दूस...
- कोई कदम उठाने से पहले यह सोच लिया जाता था कि उसकी आज या कल-परसों क्या परिणति हो सकती है?...? औचित्य को अपनाये भर रहने से वह सुयोग बना रह सकता है जिसे पिछले दिनों सतयुग के नाम से जाना जाता था। स...
- कोई कह सकता है कि अरे वेबकूफ आदमी पानी क्यों बहाता है?...? ये बीज क्यों खराब करता है? क्या फायदा हुआ? यह हमारी बाहर की चमड़े की आँखें कहती हैं कि किसान गलती क...
- कोई कहता है कि आदमी को पहलवान बनाएँगे, पर इतना सब करने के बाद फिर होगा क्या?...? जरा विश्लेषण, पोस्टमार्टम करके देखिए कि इस सबके बावजूद विचारों की, दर्शन की भ्रष्टता यदि बनी रही तो ...
- कोई कहता है कि हमारे इतने सारे बच्चे हो गए?...? हम थकते नहीं हैं, अभी हमें बहुत बच्चे पैदा करने हैं। आप लोग आइए, कुछ बनिए और आपके द्वारा दूसरे लोग भ...
- कोई काम नहीं था, लेकिन भगवान के अवतार के साथ, उनकी क्रिया-पद्धति के साथ जुड़ जाने की वजह से वे रीछ-बन्दर भी न जाने क्या से क्या हो गए?...? हम उनकी जय-जयकार करते हैं रीछ-बन्दरों की। उनकी क्या विशेषता थी? एक तो यह कि उन्होंने समय को पहचान लि...
- कोई किसी के यहाँ बिना वजह के जाता है क्या?...? नहीं जाता है।देवता आपके चावल के भूखे नहीं, जिनका कि आपने आह्वान किया है। तैंतीस कोटि देवता यज्ञ में ...
- कोई किसी बात पर अनायास ही विश्वास करे, ऐसा समय भी कहाँ है?...? इसीलिए तुम्हें पिछले तीन जन्मों की जानकारी दी गई।’’ तीनों ही जन्मों का विस्तृत विवरण जन्म से लेकर मृ...
- कोई कुत्ता आपकी टाँग काट खाये, तो क्या आप भी कुत्ते की टाँग काटेंगे कि नहीं काटेंगे?...? अरे साहब! हम कुत्ते की टाँग क्यों काटेंगे। कुत्ते की टाँग काटने की कोई जरूरत नहीं है। उसने काट खाया ...
- कोई कुत्ता आपकी टाँग को काट खाये, तब आप कुत्ते की टाँग को काटेंगे कि नहीं?...? नहीं, आपको नहीं काटना चाहिए। एक आदमी सड़क पर पेशाब करता है, गन्दगी कर देता है, तो क्या आपको भी यही करन...
- कोई क्या कर सकता है, यदि हानि को लाभ और लाभ को हानि समझ बैठने की मान्यता बना ली जाए?...? कुरूप चेहरा दर्शाने के लिए दर्पण को आक्रोश का भाजन बनाया जा सकता है, पर इससे चेहरे पर छाई कुरूपता या...
- कोई क्या करती हैं, कोई क्या करती हैं?...? क्यों सताई जाती हैं हमारी बच्चियाँ?
बेटे, सब सुनकर हमारा कलेजा छलनी हो जाता है। न कुछ कहते बनता ह...
- कोई क्या कहता है, कोई क्या कहता है?...? असंख्य नाम हमारे हैं और फोटो बनाकर के रखे हैं। आप सामने वाला फोटो खींच लीजिए, हमारा नाक वाला हिस्सा ...
- कोई क्या कहेगा?...? कोई क्या कहेगा? उसी को समर्थन मिलता जाएगा।...
- कोई क्यों बैठेगा?...? सभ्यता और शालीनता आज हमारे यहाँ परिवारों से समाप्त होती जा रही है। हमारे समूचे राष्ट्र से भी सभ्यता ...
- कोई क्रिया अपने मन से की है क्या?...? जहाँ तक स्मृति साथ देती है अपना एक ही क्रम—एक ही ढर्रे पर लुढ़कता चला आ रहा है कि हमारी मार्गदर्शक श...
- कोई खरीददार है क्या?...? बेटे ऐसी झोली भर गई कि क्या कहें। आपने तो वह समय नहीं देखा था। शायद कोई एकाध लड़का इनमें बैठा ही होग...
- कोई खेती बाड़ी है?...? कोई भी नहीं है। वे इसी में गुजारा कर लेते हैं। इसी तरह जुएँ के तरीके से आप अपने जीवन का महत्त्व समझत...
- कोई गलती मालूम पड़ती है क्या?...? बताइए?" "हाँ साहब! ये तो पचास हजार डालर का चेक है। हमने तो पाँच सौ डॉलर माँगे थे।" उसने कहा—"आपको मा...
- कोई घर-गृहस्थी है?...? कोई खेती बाड़ी है? कोई भी नहीं है। वे इसी में गुजारा कर लेते हैं। इसी तरह जुएँ के तरीके से आप अपने ज...
- कोई चीज है इसमें?...? कोई बात है? हमारी कुलदेवी है और कुलदेवी पर हमारे बच्चे का मुण्डन होगा। कुलदेवी कहाँ रहती है तुम्हारी...
- कोई चैन मिला था क्या उन्हें?...? किसी को चैन नहीं मिला। शान्ति मिली? किसी को शान्ति नहीं मिली। तो फिर कल्पवृक्ष से मनोकामनाएँ कैसे ...
- कोई चोर ले गया, तो आपका क्या हर्ज है?...? आपके तो काम वह आ भी नहीं रहा था। हाँ, वह हमारे काम नहीं आ रहा था तो ऐसी चीज, जो आपके काम नहीं आ रही ...
- कोई चोरी कर ले जाएगा तब?...? रखवाली के लिए तो कोई चाहिए ना। अगर बच्चे न पैदा करना हो तो अलग बात है, पर अगर बच्चे पैदा हुए हैं, तो...
- कोई जरूरी काम हो तो भी हम जायेंगे और माता जी के दर्शन करेंगे, लेकिन सेनापति के लिए यह बात कहाँ समझ में आती है?...? सेनापति के लिए यह बात समझ में नहीं आती। घर में शादी ब्याह है। तो इसमें ब्याह-शादियों का क्या करें। व...
- कोई जरूरी नहीं है, लेकिन प्रेरणा के रूप में यदि आप ग्रहण करना चाहें तो आप कर भी सकते हैं कि गुरुजी अज्ञातवास गए और मेरे लिए मनाही थी कि तुम ना आना, मुझे मालूम नहीं था कि कहाँ हैं?...? वहाँ तक की बात अलग है। जब मालूम पड़ा अमुक स्थान पर हैं, पर मेरे लिए जाना वर्जित कर दिया गया था और यह...
- कोई जुकाम, बुखार हो गया है क्या?...? भगवान् जी ने कहा- ‘‘नहीं नारद जी! जुकाम- बुखार तो कुछ नहीं हुआ।’’ फिर क्या हुआ? कोई लड़ाई- झगड़ा ह...
- कोई तपस्वी बनता क्यों?...? कोई निग्रही अपने आप को करता क्यों? अपनी इन्द्रियों को मारता क्यों? फिर तो सब अपना मनमौजी जीवन जिया क...
- कोई तो जपा होगा?...? बेटे ! तुम तो बेकार की बहस करते हो, तुझसे हम यह कह सकते हैं कि उन्होंने अपने सारे जीवन का क्रम और स्...
- कोई दीन-दुखियारे भी रहते हैं क्या?...? समाज के प्रति भी कुछ कर्तव्य फर्ज हैं क्या? नहीं साहब हमने जो कमाया था, चार बच्चों को बराबर बाँट दिय...
- कोई दुर्व्यसन तो नहीं?...? बचत करते हैं न?उपरोक्त दस प्रश्न नित्य अपने आपसे पूछते रहने वाले को जो उत्तर आत्मा दे, उन पर विचार क...
- कोई देवता अगर प्रसन्न होगा तो क्या पैसे देगा?...? नहीं। तो पैसे के स्थान पर 'चेक' देगा, बैंक ड्राफ्ट भेज देगा? मित्रो! ध्यान रखना—देवता आपको पैसा नहीं...
- कोई देवता अगर प्रसन्न होगा तो क्या पैसे देगा?...? नहीं। तो पैसे के स्थान पर 'चेक' देगा, बैंक ड्राफ्ट भेज देगा? मित्रो! ध्यान रखना! देवता आपको पैसा नही...
- कोई न जाने क्या-क्या कहता है?...? हमारे पिताजी-माताजी हमको बेटा कहते थे और हमारा बेटा हमको पिताजी कहता है और हमारे मित्र हमको भाईसाहब ...
- कोई नदी का पानी पीना चाहे तो उसे कौन रोक सकता है?...? सड़क पर चलना चाहे तो कौन रोकता है? बादलों को निहारना चाहे तो कौन रोकता है? किसी चिड़िया के आगे दाना फ...
- कोई नहीं आएगा, कहेगा इन पागलों के पास जाने की जरूरत क्या है?...? ये नागा, ये पंडे और जो शहरों में रहते हैं और सड़कों पर नंगे फिरते हैं उन्हें देखने कौन जाएगा? और किस...
- कोई नहीं आता?...? गाँव वाले बड़े जाहिल हैं। दवा लेने भी नहीं आते। गाँव वालों को बुलाया। पूछताछ की। क्यों भाई! क्या बा...
- कोई नहीं कह सकता; बाढ़ कब आ जायेगी?...? इसका कोई ठिकाना नहीं है। नेचर हमसे बिलकुल नाराज हो गई है इसलिये उसने अपना ठीक तरीके से काम करना बन्द ...
- कोई नहीं खिलाता कहाँ से आ जाता है?...? गन्दा मैला होता है। उसमें इतनी सारी चर्बी इकट्ठी होती है। चर्बी कहाँ से आती है? अरे बेटा भीतर से पैदा...
- कोई नहीं मार सकता?...? नहीं कोई नहीं मार सकता। देखिए ध्रुव जो है, आसमान में टँगा हुआ है। यह मरेगा? नहीं, यह नहीं मर सकता। स...
- कोई निग्रही अपने आप को करता क्यों?...? अपनी इन्द्रियों को मारता क्यों? फिर तो सब अपना मनमौजी जीवन जिया करते, विलासिता का जीवन जिया करते और ...
- कोई न्यायशील पिता—सामान्य मनुष्य तक ऐसा नहीं कर सकता, तो भगवान् किस तरीके से ऐसा कर सकता है?...? विशेष अनुदान, विशेष दायित्व भगवान् ने मनुष्य के साथ ऐसा कोई पक्षपात नहीं किया है, बल्कि उसे अमानत के...
- कोई परिस्थितियों का रोना रोता रहे और मनःस्थिति को न सुधारे तो उस विडम्बना रचे बैठे प्रमाद ग्रस्त से कोई क्या कहे?...? देवता अनेक हैं, पर तत्काल फलदायक अत्यन्त निकटवर्ती और अनुदान देने के लिए आतुर-आत्मदेव से बढ़कर और कोई...
- कोई पिता अपने बालकों के साथ क्यों पक्षपात करेगा?...? किसी को ज्यादा क्यों देगा? किसी को कम क्यों देगा? कोई न्यायशील पिता—सामान्य मनुष्य तक ऐसा नहीं कर सक...
- कोई पी० ए० है आपका?...? नहीं, कोई पी० ए० नहीं है। आप ही लिखते हैं? हम ही लिखते हैं। ये कैसे हो गया? इतने लम्बे जीवन का आप हिस...
- कोई पी०ए० है आपका?...? नहीं, कोई पी०ए० नहीं है। आप ही लिखते हैं? हम ही लिखते हैं। ये कैसे हो गया? इतने लम्बे जीवन का आप हिसा...
- कोई पूजा-उपासना की, क्या पूजा उपासना की?...? अर्जुन की क्या बात थी आप बताइए। कोई अनुष्ठान, जप, तप, ध्यान, धारणा, प्रत्याहार, समाधि, कुण्डलिनी, कु...
- कोई फायदा हो सकता है?...? हाँ हो सकता है। हमारे ऊपर सातों की सातों बातें लागू होती हैं और वो सही हैं। अथर्ववेद ने गायत्री ...
- कोई फावड़ा चला रहा था और कोई कुदाली चला रहा था, कोई क्या कर रहा था कोई क्या कर रहा था?...? मैंने भरपूर उनको हृदय से आशीर्वाद दिया कि भगवान अगर कोई शक्ति हो हमारे अन्दर, कोई तप की शक्ति का तो ...
- कोई बड़ा आदमी बैठा हुआ है और यहाँ बैठ जाएगा तो?...? यहाँ बैठ जाऊँगा तो समझेंगे कि कोई मास्टर बैठा हुआ है। लेकिन सिनेमा तो तुझे दीख जाएगा न? हाँ साहब! दी...
- कोई बात नहीं, अब आप क्या कर सकते हैं?...? आपने मेहनत की, बस। इतना सन्तोष आपको होना चाहिए। अगर इतना सन्तोष आपको हो, तो हम आपको कर्मयोगी कहेंगे।
...
- कोई बात है?...? कोई चीज है इसमें? कोई बात है? हमारी कुलदेवी है और कुलदेवी पर हमारे बच्चे का मुण्डन होगा। कुलदेवी कहा...
- कोई बुड्ढा देवता देखा है?...? रामचन्द्र जी का बुढ़ापे वाला कोई फोटो खरीदकर तो लाना? नहीं साहब! उनके फोटो तो बिना मूँछ के हैं जो अठ...
- कोई बूढ़ा- बीमार व्यक्ति भेज देंगे, तो वह क्या सीखेगा?...? न चला जाता है, न दिखाई देता है—ऐसे व्यक्ति का हम क्या करेंगे? मुस्तैद आदमी वहाँ से युग- शिल्पी शिविर...
- कोई बौद्धिक मायाजाल है?...? न, ऐसी बात नहीं। अगर आपने ऐसा विचार किया है व आप निराश हो गये हैं कि पूजा-पाठ, साधना से कोई लाभ नहीं...
- कोई भगवान की साधना कैसे कर सकता है?...? साधना सिर्फ अपने आपे की करनी पड़ती है। अपने आपे की साधना कर लेने और पात्रता विकसित कर लेने के बाद में...
- कोई भाग्य के विधाता हैं आप?...? फिर कभी मरने देंगे कि नहीं मरने देंगे? यह गारण्टी किसी के लिए नहीं है। जो आया है वह तो जाएगा ही। कोई...
- कोई भिखारी आ जाए तब?...? कोई ऐसा मेहमान आ जाए, जो आपका समय खराब करने चला आए, जिससे आपको कोई फायदा नहीं है, जिससे आपकी कोई जान...
- कोई भी आदमी इतना सारा जीवन सम्बन्धी ज्ञान और सामयिक समस्याओं के बारे में जानकारी सिवाय साहित्य के सिवाय पुस्तकों के सिवाय पत्र-पत्रिकाओं के कैसे प्राप्त कर सकता है?...? इनको पढ़ने के लिए आदमी के पास शिक्षा का होना आवश्यक है। शिक्षा की आवश्यकता जिस तरीके से पेट की भूख को...
- कोई भी आदमी यहाँ आकर के देख ले कि आचार्य जी के यहाँ नौ दिन तक रह करके हम खाली हाथ आए?...? नहीं बेटे! हमारे लिए शरम की बात है, कलंक की बात है। आप हमारे यहाँ आएँ और खाली हाथ चले जाएँ ऐसा न...
- कोई भी आदमी, कोई भी आदमी जिसने कठिनाइयों का सामना नहीं किया है, सिद्धान्तों के लिए और आदर्शों के लिए कष्ट नहीं सहा है, वो आदमी मज़बूत कैसे हो पाएगा?...? फिर वो बिलकुल कच्चा रहेगा। समय आते ही, जब मुसीबत आ जाएगी, तभी भाग खड़ा होगा और अपने संकल्पों और सिद्ध...
- कोई भी आदमी, जिसने कठिनाइयों का सामना नहीं किया है, सिद्धान्तों के लिए—आदर्शों के लिए कष्ट नहीं सहा है, वह आदमी मजबूत कैसे हो जाएगा?...? बिल्कुल कच्चा रहेगा। जब कभी मुसीबत आएगी, तभी भाग खड़ा होगा और अपने संकल्पों-सिद्धान्तों को छोड़ देगा। ...
- कोई भी आदेश देते समय यह जरूर देखा जाना चाहिए कि उस समय बच्चा कर क्या रहा है और उसकी मनःस्थिति क्या है?...? उदाहरणार्थ बच्चा किसी रुचिकर खेल में लगा है या एकाग्रता के साथ पढ़ रहा है या किसी हानिरहित चेष्टा मे...
- कोई भी ऐसा नहीं है जिसकी कि आप गलती न बताते हो, लेकिन अपनी गलती?...? अपनी गलती पर तो आप विचार भी नहीं करते। अगर आप अपनी गलतियों पर विचार करना शुरू करें, अपनी स्वयं की सम...
- कोई भी सुना देगा?...? कोई भी सुनाएगा तो हम किस्सा सुन लेंगे। भाई साहब! रामायण सुना दीजिए? हम रामायण सुना देंगे। क्या थी रा...
- कोई भी सुना देगा?...? कोई भी सुनाएगा तो हम किस्सा सुन लेंगे। भाई साहब! रामायण सुना दीजिए? हम रामायण सुना देंगे। क्या थी रा...
- कोई मन्दिर देवालय अभावग्रस्त नहीं रहता था और उपलब्ध साधनों को मन्दिरों का संचालन-कर्ता पुरोहित पूरी तरह जन-कल्याण में ही प्रयुक्त करता था?...? गृहस्थ अपना घर परिवार तो चलाते ही थे पर साधु-ब्राह्मणों द्वारा संचालित धर्म प्रयोजनों में कहीं कुछ भ...
- कोई मर्यादा है?...? आप चाहें जितना खर्च कर डालिए। लेकिन आपकी वास्तविक आवश्यकताएँ बहुत कम हैं।
और कुटुम्ब, कुटुम्ब का ज...
- कोई माँ गाली देने की अभ्यस्त है और लड़ाई-झगड़ा करने की अभ्यस्त है, माँ को कैसे घर से निकाल दिया जाए?...? घर का वातावरण सही रखना हर के बस का काम नहीं है। किसी-किसी से ही बन पड़ता है। अच्छे वातावरण में जब तक ...
- कोई माता अपने लाल को कैसे निहारेगी?...? अपने लाल को पाकर कैसे धन्य होगी? एक का आनन्द-दूसरे का शोक, एक का नफा-दूसरे का नुकसान-यही दुनिया का ...
- कोई मानें या न मानें, कोई न मानें तो मत मानें, हमें उनसे क्या लेना-देना है?...? लेकिन मैं तो बताती हूँ, मैंने कल भी बताया था कि मैंने उनके व्यक्तित्व में झाँककर देखा कि भगवान के अल...
- कोई मैं एजेण्ट बनूँगा जो मैं उसकी खुशामद करूँगा?...? मैं उसे देख लूँगा तब पता बताऊँगा और जब तक देख नहीं लूँगा तब तक कुछ नहीं बताऊँगा।इस तरीके से मित्रो! ...
- कोई राष्ट्र, कोई समाज, कोई व्यक्ति, कोई कुटुम्ब सुरक्षित किस तरीके से रह सकता है?...? इसके लिए दो सूत्र हैं—एक लड़की अपने भाई के हाथ में राखी बाँधती हैं। बहिन राखी लेकर आयी और आपने उसे पा...
- कोई रुकावट है क्या?...? नहीं कोई रुकावट नहीं है। रैदास जाति के चमार थे और बिना पढ़े थे, लेकिन रैदास की कठौती में गंगा बहने लग...
- कोई रुपयों का बण्डल दिया है क्या, हमको पोटले भर कर दिया है क्या, हमको औलादें दी हैं क्या?...? नहीं] कभी किसी ने नहीं दिया। केवल सन्त का वरदान, सन्त और ॠषि, देवता जो किसी आदमी को दे सकते हैं, और ...
- कोई रुपयों का बण्डल दिया है क्या?...? हमको पोटले भर के दिये हैं क्या? हमको औलादें दी हैं क्या? नहीं, कभी किसी ने नहीं दिया। सन्त, ऋषि और दे...
- कोई लिखा-पढ़ी, कोई सबूत?...? कोई नहीं है साहब! उस गाँव का एक जागीरदार था, राजा था। पहले जागीरदार राजा होते थे। वह जागीरदार के पास...
- कोई लूला-लँगड़ा पैदा हो गया तब?...? और कोई चोर-उचक्का पैदा हो गया तब? तब आप मेरे जैसा बच्चा कहाँ से लायेंगी? इसलिए आज से मैं आपका बेटा ह...
- कोई लेखक, विद्वान, वक्ता, नेता समझते
हैं पर किसने हमारा अन्तःकरण खोलकर पढ़ा, समझा है?...? कोई उसे देख सका होता, तो उसे
मानवीय व्यथा-वेदना की अनुभूतियों की करुण कराह से हाहाकार करती एक उद्...
- कोई लड़ाई- झगड़ा हुआ?...? नहीं, कोई लड़ाई- झगड़ा नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि लड़ाई- झगड़ा भी नहीं हुआ, तो फिर किस्सा क्या है? आप द...
- कोई वंश ऊँचा क्यों हो सकता है?...? कोई वंश नीचा क्यों कहलाये? इसका न कोई कारण समझ में आता है और न इस प्रतिपादन का कोई औचित्य ही सिद्ध ह...
- कोई वंश नीचा क्यों कहलाये?...? इसका न कोई कारण समझ में आता है और न इस प्रतिपादन का कोई औचित्य ही सिद्ध होता है।किसी वंश में किसी सम...
- कोई विचार तो नहीं आता?...? नहीं साहब, विचार तो नहीं आता। हमने ये समझाया कि आपने पदार्थ के द्वारा पूजन कर लिया और हाथ-पाँव की चे...
- कोई शरीर समेत यों ही खड़े रह सकता है?...? नहीं साहब! पत्थर के थोड़े ही हैं। अरे! पत्थर के नहीं बाबा! वही चमड़ा है, वही आँखें, वही इनके दाँत हैं,...
- कोई सन्देश नहीं?...? उनके देवर चिढ़ाने लगे, ‘‘भाभी! भैय्या तो बाबा जी बन गये। चिमटा पकड़ लिया। घर-घर घूमेंगे, बस आप तो रोती...
- कोई संयमी बनता क्यों?...? कोई (त) तपस्वी बनता क्यों? कोई (न) निग्रहित अपने आप को करता क्यों? (क्यों) अपनी इन्द्रियों को मारता ...
- कोई संयमी बनता क्यों?...? कोई तपस्वी बनता क्यों? कोई निग्रही अपने आप को करता क्यों? अपनी इन्द्रियों को मारता क्यों? फिर तो सब ...
- कोई संस्कृति भी है क्या?...? कोई दीन-दुखियारे भी रहते हैं क्या? समाज के प्रति भी कुछ कर्तव्य फर्ज हैं क्या? नहीं साहब हमने जो कमा...
- कोई समय नहीं निकालेगा, श्रम नहीं करेगा और समाज को उन्नतिशील बनाने के नाम पर ढकोसला-ढिंढोरा पीटते रहेंगे, पैसे खर्च करेंगे, आडम्बर बना लेंगे, तो कैसे बनेगा?...? निर्माण के लिए तो समय चाहिए न? श्रम चाहिए? आप समय और श्रम का एक हिस्सा उसके लिए लगा दीजिए। बस, ये दो...
- कोई सामने से आचार्य जी बैठे हुए हैं, कोई खाना खाते हुए है, कोई व्याख्यान देते हुए है, तो क्या गुरुजी व्याख्यान ही देते हैं?...? नहीं बेटे, खाते भी हैं, नहाते भी हैं, सोते भी हैं, केवल व्याख्यान ही नहीं देते। व्याख्यान एक घण्टे दे...
- कोई सामान्य मनुष्य महेश कैसे हो सकता है?...? इतनी जो महत्ता और महिमा बताई गई है, वह अन्तरंग में बैठे हुए उस भगवान् के लिए है। सद्गुरु शब्द केवल भ...
- कोई सामान्य मनुष्य विष्णु कैसे हो सकता है?...? कोई सामान्य मनुष्य महेश कैसे हो सकता है? इतनी जो महत्ता और महिमा बताई गई है, वह अन्तरंग में बैठे हुए...
- कोई सिपाही कारतूस भरे बिना ही घोड़ा दबा दे और निशाने पर गोली न लगने पर लक्ष्य, बन्दूक, कप्तान आदि को दोष देने लगे, तो उसका आक्रोश निरर्थक माना जाएगा और कहा जाएगा कि नली में कारतूस डालने का सामान्य ज्ञान क्यों भुला दिया जाय?...? औषधि खाने और रोग अच्छा होने की ही आमतौर से चर्चा होती रहती है; निदान, पथ्य, परिचर्या, मात्रा, अनुपान...
- कोई सीमा है?...? कोई मर्यादा है? आप चाहें जितना खर्च कर डालिए। लेकिन आपकी वास्तविक आवश्यकताएँ बहुत कम हैं।
और कुटुम...
- कोई सेठ-साहूकार देते हैं?...? जरा बताना आप लोगों में से कौन सेठ-साहूकार हैं, हम आपको दे जाते हैं। खाने के पैसे भी तीन-चौथाई मुश्कि...
- कोई सेवा नहीं और ईश्वर का भजन क्या हो सकता है?...? आत्मचिन्तन, आत्मशोधन, आत्मनिर्माण और आत्मविकास के लिए आदमी एकान्त में बैठता है। समझ में आ गया, लेकिन ई...
- कोई हमसे ये पूछे कि यह मनःस्थिति लेकर आपने क्या पाया?...? आप घाटे में चले गए होंगे? नहीं, बेटे! हम घाटे में नहीं गए, वरन नफे में आ गए, क्योंकि हमें बहुत दिनों...
- कोई है आपमें से?...? कोई नहीं है। अरे लोगो! तुमने सुख नाम की चीज सुनी तो होगी? परन्तु किसी ने सुख पाया हो तो मुझे अपना ...
- कोट कहाँ से माँग लाई?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘गुरुजी, मेरा ही कोट है। किसी से, कहाँ से माँगती?’’ इस पर गुरुजी बोले, ‘‘अच्छा बेटा, ...
- कोढ़ी और अन्धा कौन?...? आप और हम। हम और आप नैतिक दृष्टि से कोढ़ी और अन्धे ऐसे, जिनको अपना भविष्य, अपना व्यक्तित्व, अपना लोक-प...
- कोयल में देखते हैं, भौंरों में देखते हैं, दूसरे प्राणी में देखते हैं, थिरकन और पुलकन किस प्रकार दिखाई पड़ता है?...? वसन्त के दिनों में हर प्राणी में एक उल्लास एवं उमंग दिखाई पड़ती है। सृष्टि का सृजनक्रम इन दिनों ज्याद...
- कोयले और हीरे में रासायनिक दृष्टि से कोई फर्क नहीं?...? कोयले का ही परिष्कृत रूप हीरा है। खनिज में से जो धातुएँ निकलती हैं, कच्ची होती हैं, लेकिन जब पकाकर क...
- कोयले और हीरे में रासायनिक दृष्टि से कोई फर्क नहीं?...? कोयले का ही परिष्कृत रूप हीरा है। खनिज में से जो धातुएँ निकलती हैं, कच्ची होती हैं, लेकिन जब पकाकर क...
- कोरी कल्पना या पोथी-पाठ से क्या लाभ हो सकता है?...? सच्ची सहानुभूति ही सच्चा ज्ञान है और सच्चे ज्ञान की कसौटी, उसका जीवन व्यवहार में उतारना ही हो सकता ह...
- कोरी वाणी ने कब किसका कल्याण किया है?...? सम्वेदनशील की एक ही पहचान है, वह जो भी कहता है, आचरण से। यदि ऐसा नहीं है, तो समझना चाहिए कि बुद्धि न...
- कौए ने क्या किया?...? कौए ने सोचा-चलो परीक्षा करें कि यह भगवान हैं भी या नहीं हैं। बस, जैसे ही चावल खाने के लिए, रामचंद्र ...
- कौटुम्बिक कार-व्यापार को कौन सँभालेगा?...? पिता-पुत्र में अन्तर होते ही लोग बीच में आकर स्थान बनाने का प्रयन करते हैं। दोनों को अलग-अलग पाकर ला...
- कौतुक-कौतूहल से विनोद मनोरंजन हो सकता है, पर उस आधार पर समस्याओं के समाधान कहाँ निकलते हैं?...? जिनने अपना दृष्टिकोण सही कर लिया है और औसत भारतीय स्तर के औचित्य के साथ जोड़ लिया है, उनके सामने ही इ...
- कौत्स को बुलाकर उन्होंने पूछा-तात क्या तुमने इस घायल स्त्री को नहीं देखा था?...? देखा था गुरुवर, सिर नीवा किए, कौत्स ने कहा-किन्तु स्त्री का सौन्दर्य मुझे विचलित न कर दे इसी भय से इ...
- कौन आ रहा है?...? यहाँ ब्राह्मण भोजन होगा। ब्राह्मण हैं कि राक्षस हैं? उनके मुँह में ग्रास कैसे चला जाता है कि माँ तो ...
- कौन आदमी था वह?...? उसका नाम था कुंभकरण। वह छह महीने जागा करता था। रावण को यह विचार आया कि कुंभकरण यदि जाग करके खड़ा हो...
- कौन आदमी था वह?...? उसका नाम था कुम्भकरण। वह छह महीने जागा करता था। रावण को यह विचार आया कि कुम्भकरण यदि जागकर के खड़ा हो...
- कौन उनमें प्राण फूँके, कौन उन्हें जुझारू संकल्पों से ओत-प्रोत करे?...? चारों ओर दृष्टि पसारने के उपरान्त एक यही उपाय सूझा कि ‘‘खोज घर से आरम्भ करनी चाहिए।’’ दशरथ ने विश्वा...
- कौन उसकी बात सुनेगा?...? कौन उसके कहने पर चलेगा? व्यक्तित्व की प्रामाणिकता इसी कसौटी पर कसी जाती है कि वह अनगढ़ मन के इशारे पर...
- कौन उसके कहने पर चलेगा?...? व्यक्तित्व की प्रामाणिकता इसी कसौटी पर कसी जाती है कि वह अनगढ़ मन के इशारे पर कठपुतली की तरह नाचता है...
- कौन कर रहा है?...? उनके हृदय में वेदना थी न, अपने पिता को छोड़ने में उनको वेदना हो रही थी।
मणिमुक्तकों का हार
उन बच...
- कौन कर सकता है?...? भावनाएँ कर सकती हैं। भावनाएँ यदि निम्नकोटि की हों तो ये आदमी को घिनौना और कमीना बना करके रख देती...
- कौन करता है किसी की सहायता?...? जरूरत पड़ती है तो इतनी अकल हम कहाँ से लाते? इतनी बुद्धि कहाँ से लाते, जिससे वेदों का भाष्य ...
- कौन करता है?...? हमारा 'बॉस' करता है, जिसको पा करके हम धन्य हो गए। यह हमारा एक पक्ष है, जिससे हम धन्य हो गए, लेकि...
- कौन कराता था उससे यह सब?...? करुणा कराती थी। इसी को हम कुण्डलिनी कहते हैं, जो आदमी के भीतर हलचल पैदा कर देती है, रोमांच पैदा कर द...
- कौन करेगा ऐसी नौकरी?...? इतना दुलार और इतना प्यार कर सकती है हमारी माँ। इसीलिए माता को देवता बताया गया है। माता को इस संसार क...
- कौन करेगा किसकी सेवा?...? वह करेगा और उसकी करेगा जिसको वह मोहब्बत करता है। तो आप अपनी मोहब्बत को बदल डालिए और उसका दायरा बढ़ाइ...
- कौन करेगा पाप?...? किसको पड़ेगा पाप? बाप को। क्यों पड़ेगा? मैं इसे कमीना कहूँगा, जिसने कमा-कमाकर किसी को दिया नहीं। बेट...
- कौन करेगा पाप?...? किसको पड़ेगा पाप? बाप को?? क्यों पड़ेगा? मैं इसे कमीना कहूँगा, जिसने कमा- कमाकर किसी को दिया नहीं। बे...
- कौन करेगा पाप?...? किसको पड़ेगा पाप? बाप को। क्यों पड़ेगा? मैं इसे कमीना कहूंगा, जिसने कमा कमाकर किसी को दिया नहीं। बेट...
- कौन कहता है कि दीपक जलाइए क्यों हमारा पैसा खर्च कराते हैं?...? क्यों हमारा घी खर्च कराते हैं। इससे हमारा भी कोई फायदा नहीं और आपका भी कोई फायदा नहीं। आपकी शक्ल ह...
- कौन कहता है कि मालदार थे?...? नहीं साहब! बहुत मालदार थे। अभी तो आप मालदार हैं, किन्तु पहले जमाने में कौन मालदार था?
मित्रो! अभी ...
- कौन काट रहा है इसको?...? मुसलमान काट रहे हैं इसको? नहीं, ईसाई भी नहीं काट रहे हैं इसको? तो फिर कौन काटता है? इसको वो काटता है...
- कौन काट रहा है इसको?...? मुसलमान काट रहे हैं इसको? नहीं, ईसाई भी नहीं काट रहे हैं इसको? तो फिर कौन काटता है? इसको तो वो काटता...
- कौन किस स्तर का चयन करे?...? किसके पैर किस राह पर चलें, यह उसका अपना फैसला है। दूसरे तो हर बुरे-भले काम में साथ देते और रोक-टोक क...
- कौन किसका रास्ता बनाता है?...? रास्ता तो स्वयं ही बनाना पड़ता है। सही राह पर जा रहे हैं, गलत राह पर जा रहे हैं, यह निर्धारण तो आपको...
- कौन खा गया?...? मुँह खा गया। नहीं मुँह ने नहीं खाया। मुँह ने सिर्फ चबाया और चबा करके सॅलाइवा—लार निकाला और उस खुराक ...
- कौन खाता था?...? काली। कानी नहीं, काली क्या खाएगी, वो तो पत्थर की बनी हुई है। पत्थर कोई खा सकता है रोटी? कौन खाता था?...
- कौन खिला सकता है?...? जिसके पास वह सामर्थ्य है। उसी के मन में यह वृत्ति पैदा होती है कि दूसरों को क्या खिलाना चाहिए। लेक...
- कौन खड़ा हो गया?...? चारों धाम की स्थापना करने वाला शंकराचार्य, बौद्ध नास्तिकवाद की जड़ें उखाड़कर हिन्दुस्तान से बाहर करने व...
- कौन गवाही देता है?...? आपका तकिया देता है। कैसे देता है? तकिये को नाक से लगाकर सूधिए। धत् तेरे की! सारे सिर के बाल, सारा सि...
- कौन गिरा जाता है तुझे?...? भावी गिरा जाता है, भूत गिरा जाता है, भगवान गिरा जाता है, राहु गिरा जाता है। चल जाहिल कहीं का, बेकार ...
- कौन चलाता है?...? बेटे पायलट चलाता है। पायलट नहीं होगा तो हवाईजहाज रखा रहेगा। मशीनें कितनी बड़ी क्यों न हों, ऑटोमैटिक क...
- कौन चलाता है?...? बेटे! पायलट चलाता है। पायलट नहीं होगा तो हवाई जहाज रखा रहेगा। मशीनें कितनी बड़ी क्यों न हों, आटोमैटिक...
- कौन चले गये?...? वे आदमी, जिनको हम स्वयंसेवक कह सकते हैं, भावनाशील कह सकते हैं और दिलवाले कह सकते हैं। तो क्या उन्ह...
- कौन जलता रहता है?...? तारे जलते रहते हैं और छोटे बच्चे उनको दुआएँ देते रहते हैं। थैंक्यू। ट्विंकिल ट्विंकिल लिटिल स्टार, ह...
- कौन जलता रहता है?...? तारे जलते रहते हैं और छोटे बच्चे उनको दुआएँ देते रहते है। थैंक्यू। ट्विकिल-ट्विकिल लिटिल स्टार, हाऊ ...
- कौन जलाता है?...? बेटे, यह हमारी विकृत मन:स्थिति जलाती है। विकृत मनःस्थिति का सुधार किए बिना मानवीय समस्याओं का कोई सम...
- कौन जलाता है?...? बेटे, यह हमारी विकृत मन:स्थिति जलाती है। विकृत मनःस्थिति का सुधार किए बिना मानवीय समस्याओं का कोई सम...
- कौन जा पहुँचे?...? तुलसीदास। यही तुलसीदास जब हिम्मत वाले, साहस वाले तुलसीदास बन गए, प्रतिभा वाले तुलसीदास बन गए, तब...
- कौन जा पहुँचे?...? अच्छा मैं एक आदमी का नाम गिनाना चाहता हूँ और वह लाल बहादुर शास्त्री का नाम है।...
- कौन जा पहुँचे?...? तुलसीदास। यही तुलसीदास जब हिम्मत वाले, साहस वाले तुलसीदास बन गए प्रतिभा वाले तुलसीदास बन गए तब वे सं...
- कौन जा पहुँचे?...? लालबहादुर शास्त्री को लीजिए, जिनके ऊपर देवता का अनुग्रह था। एक ही अनुग्रह की पहचान है—जिम्मेदार और स...
- कौन जाएगा, कौन करेगा?...? आप करेंगे। कुरीतियों को कौन हटाएगा? आप हटाएँगे। दहेज के दानव को कौन जलाएगा? आप जलाएँगे। यदि आपके अन्...
- कौन जाता है भजन में?...? एकाध नाम तो बता? भजन का मतलब तो समझते हैं नहीं, भजन करते हैं चालाक, बेईमान। बड़े आये भजन करने वाले। त...
- कौन जाते थे?...? शिष्य जाते थे, लेकिन कोई सच्चा शिष्य नहीं मिला। कोई एक मिल गया तो गुरु धन्य हो गए और नाचने लगे, ...
- कौन जीता और हार कौन रहा है?...? इतने पर भी जो अदृश्य को देख सकते हैं, वे सुनिश्चित आधारों के सहारे विश्वास करते हैं कि सृजन ही जीतेग...
- कौन डॉक्टर मिल गया जिसने यह घाव सुखा दिया?...? ’’ डाक्टर से हम केवल इतना ही कह पाये कि यह हमारे पूज्य गुरुदेव की अनुकम्पा है।’’(इसी तरह डॉ. अमल कुम...
- कौन ड्यू माँग रहा है, कौन अन्ड्यू माँग रहा है?...? अब बताइये। हमारी मनोकामना पूरी करके पड़ोसी को मारेगा कि पड़ोसी की मनोकामना पूरी करके हमको मारेगा। क्या...
- कौन तैयार होता?...? कौन मुसीबतें उठाता? कोई तैयार नहीं होता। सो मैंने अपने ही शरीर को रजामंद कर लिया और अपने मन को रजामं...
- कौन था खोज करने वाला?...? उस खोज करने वाले का जो अभी-अभी हमारे ध्यान में आया है, नाम था—हिलेरी। हिलेरी कौन था? हिलेरी वो था जि...
- कौन था वह लड़का?...? शिवा नाम था उसका, जिसने अपने को समर्पित किया था। अपना समर्पण किया तो वह छत्रपति शिवाजी हो गए।
...
- कौन थे ये गिरधर गोपाल?...? ये थे मीरा के बेटे। अभी जिन्दा हैं, नहीं बेटे, वे मर गये। मूर्ति थी, वह वहाँ पड़ी है मेड़ता में। मे...
- कौन दिखाई पड़ता है, बताइए?...? रामचंद्र जी कहीं दिखाई पड़ते हैं? श्रीकृष्ण भगवान कहीं दिखाई पड़ते हैं? हनुमान जी की कहीं आपने शक्ल दे...
- कौन देगा और कब तक देगा?...? बेटे, यह माँगने से नहीं मिलेगा। स्वेच्छा से जो अनुदान उत्पन्न होंगे, नया युग उसी से आरम्भ होगा। उसी...
- कौन धकेलता है?...? दुनिया में एक चीज है और उसका नाम है- भावनाएँ। तुच्छ भावनाएँ आदमी को घिनौना, कमीना, नारकीय, दुष्ट...
- कौन धोती चली जा रही है?...? ज्ञान की गंगा। असली गंगा यही है, जिसका मैं आपसे निवेदन कर रहा हूँ।मित्रो! असली सूरज वह नहीं है, वर...
- कौन नहीं आते?...? सब आते हैं। जिसमें सनातनी भी हैं और आर्यसमाजी भी हैं और जिसमें राजनेता भी हैं, सभी शामिल हैं। वह सभी...
- कौन नहीं हुआ है?...? एक आदमी का नाम था—सायण। एक का नाम था—उब्बट। एक का नाम था—महीधर और एक का नाम था—रावण। प्राचीनकाल ...
- कौन परवाह करता है, उस समय?...? जो मान और इज्जत अपने राष्ट्र की बचानी है तो हम उसके लिए कुरबानी देंगे। हमारे में जो त्याग के भाव हों...
- कौन पिला देगा अपना खून?...? माता चौबीस घण्टे की नौकरानी है, जो बच्चे की टट्टी धोने से लेकर सफाई करने तक और पेशाब धोने से लेकर छात...
- कौन प्रतिरोध के लिए तैयार न होगा?...? पर आश्चर्य इस बात का है कि मुट्ठी भर अत्याचारियों के विरुद्ध समुद्र जितनी विस्तृत और परम तेजस्वी भार...
- कौन बड़ा होता है?...? बीमारियाँ कौन पैदा करता है? वायरस। नहीं, वायरस नहीं पैदा करता, वरन असंयम पैदा करता है। चंदगीराम तपेद...
- कौन बनना चाहता है?...? पति बनना चाहता है या भक्त बनना चाहता है? यह क्या कह रहा है गंदे मुँह से। बेटे, देवी हमारी माँ है। मा...
- कौन बनना चाहता है?...? पति बनना चाहता है या भक्त बनना चाहता है? यह क्या कह रहा है गंदे मुँह से। बेटे, देवी हमारी माँ है। मा...
- कौन बना देता है?...? जिसके हाथ में डोरी बँधी है। अपने जीवन की डोरी सौंपिए, उस भगवान के हाथों में और फिर पाइएगा अनेक गुना ...
- कौन बरसाता है?...? देवता। देवत्व इस दुनिया में जिन्दा है। देवत्व इस दुनिया में था और जिन्दा रहने वाला है। देवत्व मरेगा? न...
- कौन बरसाता है?...? देवत्व जो इस दुनिया में अभी जिन्दा है। देवत्व ही दुनिया में जिन्दा था और जिन्दा ही रहने वाला है। देव...
- कौन बैठा रहता है पेट के सफेद रंग के कीड़े?...? वे ऐसे बैठे रहते हैं जैसे माँ के पेट में गर्भ में बच्चा बैठा रहता है।बेटे! शरीर से पास होना ही उपासन...
- कौन बैठा हुआ है?...? देवता? क्या नाम है? बृहस्पति। बृहस्पति! हाय! हाय!! बृहस्पति बैठा हुआ है। ब्याह करेगा। तो मार डालेगा।...
- कौन बोल रहा है?...? ये माइक बोल रहा है। माइक नहीं बोल रहा, हम बोल रहे हैं। हमारा हलक नहीं बोल रहा, हमारे विचार बोल रहे ह...
- कौन बोलता है?...? बेटे, हमारी जीभ और हमारे दाँत मिलकर आपसे बात कर रहे हैं और बोलता कौन है? लेख कौन लिखता है? कलेवर लिख...
- कौन बोलता है?...? हम बोलते हैं, आप बोलते हैं, हमारी अकल बोलती है, हमारी भावना बोलती है, हमारी विचारणाएँ बोलती हैं। ये...
- कौन बढ़ता चला गया?...? उनका चरित्र—बेशक, उनका ज्ञान-बेशक, उनकी विशेषताएँ-बेशक। लेकिन इन सारी की सारी विशेषताओं में एक चीज आ...
- कौन भगवान है और कौन भगवान नहीं है?...? इसके लिए एक ही कसौटी है और वह यह है कि उसने आदर्शों को और उत्कृष्टता को कितनी मात्रा में अपने जीवन...
- कौन भी जगह?...? ऋषिकेश में। ऋषिकेश में वह पुराणों की कथाएँ कहते थे। शौनक जी पूछते थे और सूत जी कहते थे। दोनों ही कथा...
- कौन मना करता है?...? हम भी दीपक जलाएँगे आपके तरीके से तो करामात आ जाएगी? करामात आ जाएगी? काहे का जलाते हैं? हम तो घी का ज...
- कौन मना करेगा?...? कोई नहीं करेगा। खिला हुआ फूल बीबी के हाथ में रख दिया जाय, तो बीबी मना करेगी क्या? नाक से लगाकर स...
- कौन मार्गदर्शन देगा?...? २ वर्ष का समय निकल गया। कैसे गया, पता भी नहीं लगा? अचानक सुनने में आया गुरुदेव हिमालय से लौट आए हैं ...
- कौन मिल जाए?...? साईं बाबा मिल जाए तो उसको मैं साफ खा जाऊँ। कैसे खा जाऊँगा? महाराज जी मैं वह वरदान मागूँगा कि सब हैरा...
- कौन मिल जाए?...? आपकी जीवात्मा और आपका परमात्मा। न आपके पास जीवात्मा बाकी बची है, न आपके पास परमात्मा बाकी बचा है। वह...
- कौन मिलता था रोज-रोज?...? कोई नहीं मिलता था। दूर से दर्शन हो जाते थे। तीन साल से तो दूर से भी उनके दर्शन नहीं हुए। फिर क्या आप...
- कौन मुसीबतें उठाता?...? कोई तैयार नहीं होता। सो मैंने अपने ही शरीर को रजामंद कर लिया और अपने मन को रजामंद कर लिया कि भाईसाहब...
- कौन रखेगा पेट में?...? छाती का लाल रंग का खून दूध में बदलकर के पिलाती है। कौन पिला देगा अपना खून?
माता चौबीस घण्टे की नौ...
- कौन रखेगा हिम्मत?...? रखेंगे तो वे ही, पर साहस तुम्हारा काम करेगा और बेटे, धक्का मैं भी दूँगी तुम्हें। आगे-आगे चलना तुम्हे...
- कौन रोकता है आपको?...? लेकिन अगर आप चाहें तो समाज के लिये, गिरी हुई परिस्थितियों का मुकाबला करने के लिये, समय को ऊँचा उठाने...
- कौन रोकता है हमको?...? कोई नहीं रोकता हमें। ये कषाय और कल्मषों का पर्दा है, जिसने हमारे व हमारे भगवान के बीच में दरार की तर...
- कौन ले गया घड़ी?...? कैसे बिगाड़ दी आपने घड़ी? घड़ी हमारी है और हमारे कमरे में रखी है तो हो गई न हमारी सम्पत्ति? अगर इसको ...
- कौन ले गया घड़ी?...? कैसे बिगाड़ दी आपने घड़ी? घड़ी हमारी है और हमारे कमरे में रखी है तो हो गई न हमारी सम्पत्ति? अगर इसको बेच...
- कौन ले गया?...? अब तो हम भी गरीब हैं। आप गरीब हैं, तो हम भी गरीब हैं। ऋषि भी गरीब थे। लेकिन फिर गरीब रहते हुए भी आप ...
- कौन शोर मचा रहा है और हमारी नींद में खलल डाल रहा है?...? " नारद जी ने कहा—"महाराज जी! द्रौपदी मुसीबत में पड़ गई है और वही चिल्ला रही है कि भगवान हमारी सहायता...
- कौन सफल हो गया?...? वह फरहाद नहीं था, जो सफल हुआ, वरन उसके अन्दर जो संकल्पशक्ति बैठी हुई थी, वह सफल हुई। उस संकल्पशक्ति क...
- कौन सही घटना?...? जब उनके पिता लोमष ऋषि तपस्या में बैठे ध्यानस्थ थे, तब राजा परीक्षित आये। उन्होंने उनके गले में म...
- कौन सा अनुष्ठान किया था, बताना जरा?...? अच्छा, कोई साधना नहीं की थी तो कहाँ से आती थी शक्ति? बेटे! रामकृष्ण परमहंस और विवेकानन्द के बीच एक ऐस...
- कौन सा आदर्श?...? ? जिसमें हम जवान औरत को जिस भावना से और दृष्टि से देखते हैं वह, हम माँ की तरह से देखते हैं। उस भावना...
- कौन सा इष्टदेव बनाऊँ?...? जो भी आपका मन हो, बना लीजिए लेकिन ध्यान पूरा कीजिए। इष्टदेव का आप ध्यान करेंगे तो क्या हो जाएगा? इष्...
- कौन सा इष्टदेव?...? जो भी आपने तय किया हो। महाराज जी! कौन सा इष्टदेव बनाऊँ? जो भी आपका मन हो, बना लीजिए लेकिन ध्यान पूरा...
- कौन सा काम?...? इन ताऊ जी को जिन्दा कर दीजिए, जो मरे पड़े हैं। मरे हुए से क्या मतलब है? इनमें जान नहीं है। अगर इन...
- कौन सा जादू काम कर सकता है?...? जो विधि, जो मंत्र और योगाभ्यास आपके लिए काम कर सकता है, उस योगाभ्यास का नाम है—कर्मयोग। वही आपकी ख...
- कौन सा जानवर?...? वही जो बराबर चिल्लाता रहता है—मैं-मैं-मैं.........! मैं-मैं कौन चिल्लाता है? मेरापन, स्वार्थ। मैं-मै...
- कौन सा था?...? जो लंका के रावण के खानदान का था, जो पाताल लोक में रहता था। कौन-कौन रहता था? महिरावण रहता था और अहिर...
- कौन सा पर्जन्य?...? जो यज्ञ द्वारा निर्मित होता है। यज्ञ का पहला वाला हिस्सा रोग-निवारण का था, जो रोगाणुओं-विषाणुओं को म...
- कौन सा फल खिलाएगा?...? धतूरे का फल खिलाऊँगा। अहा............! यह चेला धतूरे का फल खिलाएगा! शंकर भगवान ने धतूरे के फल खाए और...
- कौन सा बीजमंत्र है?...? बेटे! मुझसे यह मत पूछ, वरन यह पूछ कि जप करने वाले को किस तरह का जीवन जीना पड़ता है? किस तरह का जीवन ...
- कौन सा भजन किया?...? बेकार की बात मत कीजिए, मैं झल्ला पड़ूँगा। आप कौन सी माला जपते हैं? रुद्राक्ष की जपते हैं, चन्दन की लक...
- कौन सा मारा?...? एक मारा राम और एक मारा कृष्ण। बेटे, इनमें राम तो मर्यादा पुरुषोत्तम थे कृष्ण भगवान पूर्ण पुरुष थे।...
- कौन सा मिला हुआ है?...? कपड़े कौन पहनता है? शादी-विवाह किसके होते हैं? कुटुम्ब बना करके कौन रहता है? दवा-दारू का इन्तजाम किस...
- कौन सा योग करते हैं?...? बेटे! हम शीर्षासन करते हैं। अच्छा तो गुरु जी! आप शीर्षासन में सिर के बल चलना शुरू कर देते हैं? नहीं,...
- कौन सा रास्ता है?...? नैनीताल के पास से जाता है, अल्मोड़ा के पास से जाता है। तिब्बत तक का रास्ता ढूँढ़ते हुए पहाड़ों पर ...
- कौन सा रूप सामने आने वाला है?...? इसका नाम है—विश्वमाता। विश्वमाता इसलिए कि यह अब नये विश्व को जन्म देने जा रही है। पुराना विश्व मर गय...
- कौन सा वाला?...? जो पूजा लेता है और निहाल कर देता है। वेदान्त ने चाबुकों से और हण्टर से मार-मार कर उस भगवान् को उखाड़ ...
- कौन सा वाला?...? जिसमें हमने यह खयाल रखा कि कम पैसों में और कम कीमत में बड़ी चीज मिल जानी चाहिए। ठगे जाने वाले लोग औ...
- कौन सा वाला?...? ‘‘ॐ ऐं हृीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे।’’ इससे क्या हो जायेगा? तेरा दिमाग खराब हो जायेगा। पागल कहीं क...
- कौन सा वाला?...? जो हम पूजा करते हैं, भजन करते हैं, ध्यान करते हैं, जप करते हैं, अनुष्ठान करते हैं, यह कलेवर है।क...
- कौन सा वाला?...? जिसको हम सूक्ष्म शरीर कहते हैं। सूक्ष्म शरीर से क्या मतलब है? सूक्ष्म शरीर से मेरा मतलब है—ज्ञान वाल...
- कौन सा वाला?...? ये इन्द्रिय संयम की बात मैं कह रहा था। अभी और मुझे आप से कहना है। आप समय का संयम — समय आपकी सम्पत्ति...
- कौन सा वाला?...? जो दूसरों की सहायता करता है। आप पहले अपना सम्मान प्राप्त कीजिए।मित्रो! लोग सम्मान नहीं देते, सम्मान ...
- कौन सा व्यक्ति?...? जिसको हम योगी कहते हैं। वह दिन में सोया करता है और रात में जागा करता है। महाराज जी! तब तो बड़ी मुश्क...
- कौन सा स्वर्ग देंगे?...? उच्चकोटि की विचारधारा और उच्चकोटि का दृष्टिकोण देंगे। गायत्री और यज्ञ की फिलॉसफी अगर हमने समझी होती,...
- कौन सा है डैम चीप तरीका?...? गंगा जी में नहाइए और पाप बहाइए, पाप-दण्ड बहाइए। चाहे जितना पाप कीजिए। हर साल सौ मन पाप कीजिए, एक बार ...
- कौन सा है डैम चीप तरीका?...? गंगा जी में नहाइये और पाप बहाइए पाप-दण्ड बहाइए। चाहे जितना पाप कीजिए। हर साल सौ मन पाप कीजिए, एक बार ...
- कौन सा है, वह देव?...? उस देवता का नाम है-''आत्मदेव''। अपने आप की पूजा अगर हम कर पाएँ अपने आप को हम अगर सँभाल पाएँ सुधार पा...
- कौन सा है?...? यह शरीर के बाहर का है। इसका शरीर से कोई ताल्लुक नहीं है, मिठाई से कोई ताल्लुक नहीं है। इसका सिनेमा द...
- कौन सा है?...? वह है प्यार, वह है स्नेह, वह है सिद्धान्त, वह है सद्ज्ञान, क्योंकि अज्ञानतावश जितनी भी विकृतियाँ पैद...
- कौन सिखाए संस्कृति को?...? सरकार कर सकती है? नहीं, सरकार का संस्कृति से, विद्या से कोई ताल्लुक नहीं। सरकार का सभ्यता से, एटीकेट...
- कौन सी ऐसी चीज है जो आप घर पर नहीं कर सकते थे?...? खान-पान सम्बन्धी जो नियम-बन्धन आपको बताये गये हैं, क्या आप उसे घर पर नहीं कर सकते थे? क्यों नहीं कर ...
- कौन सी ऐसी चीज है जो आप घर पर नहीं कर सकते थे?...? खान-पान सम्बन्धी जो नियम-बन्धन आपको बताए गए हैं, क्या आप उसे घर पर नहीं कर सकते थे? क्यों नहीं कर सकते ...
- कौन सी ऐसी वजह है जो आप नहीं कर सकते हैं?...? यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता है, क्या आप घर पर नहीं कर सकते थे? जरूर कर सकते थे। जो नियम और मर्...
- कौन सी ऐसी वजह है जो आप नहीं कर सकते हैं?...? यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता है, क्या आप घर पर नहीं कर सकते थे? जरूर कर सकते थे। जो नियम और मर्...
- कौन सी औरत है?...? गुरुजी! सन्तोषी माता भी औरत है, गायत्री माता भी औरत है और अमुक भी औरत है। चुप रह। बकवास करता है कि ...
- कौन सी कथा?...? भागवत् की कथा।
आपने भगवान की कथा सुनी है? हाँ आप सबने सुनी है, लेकिन आपने क्या वह अमृत पिया है? न...
- कौन सी को?...? उपासना वाली को, जिसमें यह बताया गया है कि उपासना के समय कर्मकाण्डों के साथ-साथ किस तरह से हमारे विचा...
- कौन सी को?...? उपासना वाली को, जिसमें यह बताया गया हैं कि उपासना के समय कर्मकाण्डों के साथ- साथ किस तरह से हमारे वि...
- कौन सी गंगा?...? भगवान में। हमारे पास जो कुछ भी था, कम से कम और अधिक से अधिक, बिना चू-चपड़ के हमने सब कुछ भगवान को...
- कौन सी गुफा में?...? मैंने बताया तो था, अपने मन की गुफा में। अपने मन में एक ऐसी गुफा बना ले, अपने मस्तिष्क में एक ऐसी दुन...
- कौन सी घटना की?...? उस घटना की जिसमें कि नारद जी विष्णु भगवान के पास एक दिन गए और यह कहने लगे कि हमारी मनोकामना पूरी कर ...
- कौन सी देवी है?...? समर्पण जिसका उद्देश्य है। समर्पण जिसका स्वभाव, समर्पण जिसकी प्रकृति है।मित्रो! देवी है वह। कौन? जिसन...
- कौन सी परम्पराएँ?...? जिनको हम दैवीय परम्पराएँ कहते हैं। दैवीय परम्पराएँ क्या होती हैं? तिलक लगाना, माला जपना, गंगाजी नहाना,...
- कौन सी परिस्थितियों में क्या सलाह दी जा सकती है और किस तरह से दी जा सकती है?...? यह सारा का सारा शिक्षण ब्रह्मविद्या कहलाता है। हम आपको अगले दिनों ब्रह्मविद्या भी सिखाएँगे और ब्रह्म...
- कौन सी पाँचवीं उपासना है?...? उसका नाम है—अपरिग्रह। अपरिग्रह के साथ में एक और बात जुड़ी हुई है, इसलिए इसे दो भी कह सकते हैं। उसका ...
- कौन सी पाँचवीं उपासना है?...? उसका नाम है-अपरिग्रह। अपरिग्रह के साथ में एक और बात जुड़ी है, इसलिए इसे दो भी कह सकते हैं। उसका अर्थ...
- कौन सी पार्टी है आपकी?...? आपने तो पहले ही कह दिया था कि कांग्रेस को वोट देंगे। अरे साहब! ध्यान नहीं रहा। आप तो वो मालूम पड़ते ...
- कौन सी पार्टी है आपकी?...? आपने तो पहले ही कह दिया था कि कांग्रेस को बोट देंगे। अरे साहब! ध्यान नहीं रहा। आप तो वो मालूम पड़ते ह...
- कौन सी पुरानी मान्यताएँ बदल गई हैं और उनके स्थान पर कौन सी नई प्रतिस्थापनाएँ हो रही हैं?...? उसे यह भी ज्ञान रहता है कि इन बदलती हुई परिस्थितियों में उसका क्या स्थान और क्या कर्तव्य है? इस प्रक...
- कौन सी बात?...? आपका परमार्थ, जिसको हम परम स्वार्थ कहते हैं। परम स्वार्थ क्या हुआ? परमार्थ। परमार्थ वह है जो भगव...
- कौन सी बीमारियाँ अच्छी हो जाती थीं?...? बहुत सी बीमारियों का जिक्र आता था। दशरथ जी के यहाँ कोई सन्तान नहीं होती थी। तीनों रानियों में से किसी...
- कौन सी बैंक में रखा हुआ है?...? ये सब लोग जो बैठे हैं, इनका नाम बैंक है। हमको अगर आवश्यकता पड़े और कहें कि दस-दस रुपए का मनीऑर्डर भेज...
- कौन सी बैंक?...? जिस बैंक से हमारा ईमानदारी का एग्रीमेंट है। उसने हमारी शाख बढ़ा दी है। अब आपकी पचास हजार की शाख है और...
- कौन सी भक्ति ने?...? जो लोगों के दिमाग पर छायी हुई है। आप कौन सी भक्ति की बात कर रहे थे कल? जो गायत्री माता के साथ जुड़ी...
- कौन सी भगवान की कृपा हो गयी?...? हमारे हिन्दुस्तान वालों पर नहीं हुई और जापानियों पर हो गयी? क्या वजह है? उन्होंने फैक्टरियों में ज...
- कौन सी मछली?...? जो समुद्र में चलती है और छरछराती हुई अपना रास्ता बना लेती है। आप अपना रास्ता स्वयं बनाइए। स्वयं नहीं...
- कौन सी लाश?...? यही नाक से हवा निकालने वाली लाश, केवल माला घुमाने वाली लाश। तो यह अध्यात्म नहीं है? नहीं बेटे, यह अध...
- कौन सी वाली चीज की जरूरत है?...? आदमी का व्यक्तिगत जीवन, व्यक्तिगत चिन्तन, दृष्टिकोण ऊँचा उठना चाहिए और बेहतरीन होना चाहिए। साधना किस...
- कौन सी वाली?...? जो आप लिए फिरते हैं कि अमुक मंत्र का जप करेंगे और पैसा कमाएँगे। आप भगवान के साथ मखौल करते हैं, सिद्ध...
- कौन सी शर्त है?...? अब हम आपको यही समझाने वाले हैं। जिसके लिए हम आपको अब मजबूर करने वाले हैं, जिसके लिए हम दबाव डालने वा...
- कौन सी हिम्मत?...? आप भगवान की माँग को तलाश करें और उसको पूरा करने की कोशिश करें। भगवान की कुछ माँगें होती हैं। उनने आप...
- कौन से अध्यात्मवाद को?...? जो लोगों को इस बहाने अपनी ओर आकर्षित करे कि हमको चमत्कार दिखाना आता है और जादू दिखाना आता है और हम प...
- कौन से आदमी को मैं कह सकता हूँ?...? कौन जा पहुँचे? अच्छा मैं एक आदमी का नाम गिनाना चाहता हूँ और वह लाल बहादुर शास्त्री का नाम है।...
- कौन से आदमी?...? वे जो मारकर डाल देते थे, उनको मैं ज्यादा पसन्द करता हूँ, क्योंकि तब आदमी को मारकर खत्म कर देते थे, ...
- कौन से आदमी?...? वे जो मारकर डाल देते थे, उनको मैं ज्यादा पसन्द करता हूँ क्योंकि तब आदमी को मारकर खत्म कर देते थे, लेक...
- कौन से आपके रुचि के विषय हैं और किस रुचि के विषय में उसे लगाया जा सकता है?...? चलिए, मैं उदाहरण देकर समझाता हूँ। ध्यान करने में हमेशा सुन्दर चीजों का ध्यान कराया जाता है। क्यों ...
- कौन से कर्मकाण्ड?...? माला घुमाना और प्राणायाम करना, यह याद करना, यह ध्यान रखना—'ये सब कुछ मतलब नहीं' रखते; क्योंकि ये जरा...
- कौन से काम करने से हमारा वास्तविक लाभ होता है और कौन से लाभ नहीं होता?...? इन वास्तविक सवालों का जबाब जानते हुए यदि हम अपना काम शुरू करें, तो मैं समझूँगा कि आपने कर्मयोग की ...
- कौन से कार्य मुनासिब हैं और कौन गैरमुनासिब हैं?...? कौन से काम करने से हमारा वास्तविक लाभ होता है और कौन से लाभ नहीं होता? इन वास्तविक सवालों का जबा...
- कौन से कौरव?...? वो कौरव नहीं, जो इनसान के रूप में हैं, वरन जो विकृतियों के रूप में हैं। उन कौरवों को मरना ही चाहिए। ...
- कौन से गुरु की?...? स्वामी बिरजानन्द की। स्वामी बिरजानन्द की आँखें मथुरा में अन्धी हो गयीं थीं। बाहर की आँखें तो अन्धी ब...
- कौन से दो हिस्से?...? एक का नाम है—आमदनी और एक का नाम है—खरच। बताइए साहब! लाइए बहीखाता, अभी हम बता देंगे कि इतनी आपकी आमदन...
- कौन से पशु?...? जिनको हम आलसी कहते हैं।
हमारे भीतर भी एक पशु बैठा है, जिसको हम आलस्य कहते हैं। एक पशु जो हमा...
- कौन से बच्चे?...? जो आप लोग बैठे हैं, इनको सँभालना है, गायत्री तपोभूमि को सँभालना है और शान्तिकुञ्ज को सँभालना है। तुम...
- कौन से बाजार से लाएँगे?...? माँ का स्नेह-वात्सल्य पीकर शिवाजी की आत्मा, लव-कुश की आत्मा न जाने कहाँ से कहाँ पहुँच गई। शकुन्तला क...
- कौन से बाबाजी?...? ये साठ लाख भिखमंगे। सात लाख गाँव और साठ लाख बाबाजी। सात अट्ठे छप्पन और सात नामे तिरसठ। हर गाँव पीछे ...
- कौन से बाबाजी?...? ये साठ लाख भिखमंगे। सात लाख गाँव और आठ लाख बाबाजी। सात अट्ठे छप्पन और सात नामे तिरसठ। हर गाँव पीछे स...
- कौन से भगवान की ओर चल रहे हैं?...? हमारे यहाँ खिलौना रखा हुआ है। भगवान खिलौना नहीं होता है। हम तो रामचंद्र जी के भक्त हैं। हम हनुमान जी...
- कौन से भगवान की प्रार्थना करनी चाहिए?...? शंकर-पार्वती याद आ गए। उन्होंने कहा—मैं शंकर-पार्वती का ध्यान करूँगा। उनकी पूजा करूँगा, उनका अभिनंदन...
- कौन से भगवान को?...? जो हमारी मनोकामना पूरी करने में सहायता करता है, उस भगवान को उन्होंने मारकर फेंक दिया है। जैन धर्म मे...
- कौन से भगवान को?...? उसी हीरालाल शास्त्री को, जो मध्यमा तक पढ़ा हुआ था और सरकारी स्कूल से सहायता पाता था। उसी भगवान ने इस...
- कौन से भगवान को?...? जो हमारी मनोकामना पूरी करने में सहायता करता है, उस भगवान को उन्होंने मारकर फेंक दिया है। जैन धर्म मे...
- कौन से भगवान् को?...? भगवान् की उस मान्यता को, जो यह कहती है कि लीजिए मिठाई खाइये और प्रसाद खाइये और बेटा दे जाइये। ग्यारह...
- कौन से भेड़िये से?...? जो खरगोश के बच्चों को प्यार करता है। भेड़िये से पूछना कि क्यों साहब! आप सबसे ज्यादा किसको प्यार क...
- कौन से मंत्र का जप किया था और कौन-सा अनुष्ठान किया था और कुण्डलिनी कहाँ से जगाई थी?...? हनुमान चालीसा का पाठ कैसे किया था? बेटे! तू बड़ा पागल और जाहिल आदमी है। जाहिल और पागल मैं इसलिए कहता...
- कौन से मंत्र बता दूँ तुझे?...? महाराज जी! ऐसा मंत्र बता दीजिए, जिससे बीमारी अच्छी हो जाये। बेटे, तू समझता तो है नहीं कि मंत्र किस...
- कौन से मंत्र बताते हैं?...? ‘‘हरे रामा-हरे कृष्णा’’। तो फिर बेटे उसी को कर। भगवान ने जिया कष्ट का जीवन महाराज जी! हम राम...
- कौन से में?...? चुगली वाले कार्य में। इससे बहुत ज्यादा नफरत है हमें। गुरुजी कभी भी किसी की ऐसी बात तो सुनते ही नहीं ...
- कौन से रुपये थे?...? दो लाख उन्तीस हजार छः सौ इक्कीस नम्बर के वही नोट थे। जब वे हमारे पास से चोरी हो गये, तो हमको दर्द लग...
- कौन से वक्त जाऊँ?...? नौ बजे के बाद, जब शंकर जी कुल्ला-उल्ला करके, आँख-मुँह धोकर चश्मा पहनकर ठीक हो जाते हैं, तब जाना। महा...
- कौन से वक्त में मैं लिखा करता हूँ, आपको मालूम है क्या?...? मेरे पास पूरा समय है, आठ घण्टे का। मैं आठ घण्टे लिखता हूँ बराबर। आठ घण्टे मेरे गुरु को दिये जाते हैं...
- कौन से वाले कर्मकाण्ड?...? जिनका सहारा लेकर, संबल लेकर के बच्चों को खड़ा करना आपको सिखाना है। हमारे त्यौहार और संस्कार ऐसे संब...
- कौन से वाले क्षेत्र में?...? जावा से लेकर सुमात्रा तक, इण्डोनेशिया से लेकर मलाया तक, सारे-के देश-जिसमें पूर्वी देश भी सम्मिलित ...
- कौन से वाले में होने वाला है?...? सारे विश्व में, जिसमें धरती को स्वर्ग बनाने की योग्यताएँ विद्यमान हैं। धरती पर स्वर्ग का अवतरण हम बा...
- कौन से वाले?...? जिनके लिए हमने आपको बुलाया है। छोटे-छोटे कृत्य हैं, जैसे—कोई हवन करेगा, कोई जप करेगा। ठीक है किसी ने...
- कौन से वाले?...? तो क्या करना चाहिए? टेक्नीक के बारे में मत विचार कीजिए। आप तो सिद्धान्तों के बारे में विचार कीजिए। य...
- कौन से सामान हैं?...? एक है आपके पास साधन और एक है आपके पास श्रम। आप अपना श्रम और साधन अर्थात अपना समय, अंशदान और श्रमदान।...
- कौन हत्या करेगा?...? हत्या करके भी खून निकालना है और चूस करके भी खून निकालना है। इसलिए आज आदमी समझदार है। आज चूसने का...
- कौन हम, नाम क्यों नहीं बताते?...? टेलीफोन में नाम पूछना पड़ता है, तब बताते हैं। फोन चिड़िया की तरीके से आवाज करता रहता है, मालूम नहीं,...
- कौन हल्ला मचा रहा है?...? कौन शोर मचा रहा है और हमारी नींद में खलल डाल रहा है?" नारद जी ने कहा—"महाराज जी! द्रौपदी मुसीबत में ...
- कौन हावी हो गये?...? राक्षस और देवताओं का क्या हुआ? देवता भाग गये। देवता भागकर के यहाँ छिपे, वहाँ छिपे। आखिर में ब्रह्माज...
- कौन हुए हैं?...? अब मैं क्या कहूँ कि आप कौन हुए हैं? मैं यह क्यों कहूँ? मेरे तो आप बच्चे हैं। आप हमारे कुटुम्बी हैं, ...
- कौन हुक्म दे कि पानी कहाँ बरसाया जाएगा?...? किसको नरक में डाला जाएगा? किसको स्वर्ग में डाला जाएगा? सारा काम चौपट हुआ जा रहा है। सेक्रेटरी ने कहा...
- कौन है तू?...? देवी का जवाई है? चांडाल कहीं का—देवी को हमारी सहायता करनी चाहिए थी! किस बात की देवी सहायता करे? नहीं...
- कौन है तू?...? ? देवी का जँवाई है? चांडाल कहीं का-देवी को हमारी सहायता करनी चाहिए थी। किस बात की देवी सहायता करें? ...
- कौन है तू?...? तो वह बोले—हम साधना करने वाले एक व्यक्ति हैं और तेरह वर्ष तक गायत्री की उपासना करते रहे, लेकिन उसका ...
- कौन है यह बुड्ढा?...? यह बुड्ढा हमारा पति है। तेरा पति है तो इसको धकेल दे गंगा जी में, बुढ़ापे में इसने ब्याह कर लिया। इसक...
- कौन है यह?...? लेक्चरर है। अरे यह चालाक आदमी है, बदमाश आदमी है। लोगों को बहकाने के लिए आ गया है। अभी भी हो गया है, ...
- कौन है यह?...? लेक्चरर है। अरे यह चालाक आदमी है, बदमाश आदमी है। लोगों को बहकाने के लिए आ गया है। अभी ही हो गया है, ...
- कौन है ये?...? नहीं साहब! यह सिनेमा की एक्टर है। तो आपने इसे किसके लिए लगा रखा है? इससे आपका क्या ताल्लुक है? अजी...
- कौन है वह बेवकूफ और अन्धा आदमी?...? वह है तू और हम, जिनको अन्धे कह सकते हैं। जिन्हें कुछ पता ही नहीं है, कुछ दिखता ही नहीं है, कुछ सूझता ...
- कौन है वह माध्यम?...? वह है गायत्री मंत्र। गायत्री मंत्र हमारा माध्यम है और वही रह सकता है, दूसरा कोई बन ही नहीं सकता। हमा...
- कौन हैं वे आदमी?...? वे आदमी जिनके बच्चे कमाने लायक हो गये हैं, जिनके पास गुजारे के लायक दो पैसे मौजूद हैं। वे नहीं निक...
- कौन हैं आप?...? हम तो भूत हैं। अरे तू तो अभी जिन्दा है। नहीं महाराज जी! भूत हूँ। भूत कैसा होता है? जिसकी इच्छाएँ वस्त...
- कौन हैं आप?...? हम तो भूत हैं। अरे तृ तो अभी जिन्दा है। नहीं महाराज जी! भूत हूँ। भूत कैसा होता है? जिसकी इच्छाएँ वस्त...
- कौन हैं ये?...? ये हँस हैं, राजहंस हैं। मित्रो! मैं उन हँसों की बात कह रहा हूँ। उन्हें कहाँ मिलता है दूध? उनके ल...
- कौन हैं ये?...? तपस्वी हैं।तपस्वियों की बिरादरी अभी दुनिया में से खत्म नहीं हुई है। तपस्वी जब निगाह उठाकर देखता है त...
- कौन हो गए थे?...? वाल्मिकी। वाल्मिकी नहीं, वाल्मिकी की तो शक्ति का क्या कहने। वाल्मिकी को जिन लोगों ने बताया। फिर आप व...
- कौन हो गया?...? अर्जुन हो गया। जो कायर था और यह कहता था कि मुझसे नहीं लड़ा जाएगा। मैं नहीं लड़ सकता।
गुरुजी मैं क...
- कौन होता हुआ चला जाता है?...? हम होते हुए चले जाते हैं और कौन होता है। ‘‘अयमात्मा ब्रह्म’’, ‘‘प्रज्ञानं ब्रह्म’’, ‘‘चिदानन्दोहं’...
- कौन होता है दुनिया में सबसे ज्यादा बेवकूफ?...? कौन होता है—देवता। अच्छा, देवता को पकड़ने का तरीका क्या है? देवता को पकड़ने का तरीका बहुत सरल है और सब...
- कौन होते हैं देव?...? एक और होते हैं देव, जो हमने मंत्रों में स्थापित करके रखे हैं और जिनके फोटो छपवाकर रखे हैं। ये क्या ह...
- कौन, क्यों, और कैसे भूत बनता है और वह कैसा होता है?...? यह सब कुछ अभी रहस्य के गर्भ में है। अन्वेषण के उपरांत ही इस सन्दर्भ में कुछ सही निष्कर्ष निकलेंगे। सम...
- कौन- कौन सी विधियाँ हैं?...? पवित्रिकरण है, आचमन है, प्राणायाम है, न्यास है। ये आपने हमारे सब पुस्तकों में पढ़े होंगे। इन सब क्रि...
- कौन- कौन सी?...? - ‘सवितु’, ‘वरेण्यं’- दो, ‘भर्गो’- तीन, ‘देवस्य’- चार। चार वेदों के चार सार हैं। यही वेदों के चार ...
- कौन- कौन से एण्टीना कार्य करते हैं?...? एक आज्ञाचक्र काम करता है, हृदयचक्र काम करता है और एक नाभिचक्र काम करता है। तीन बड़े- बड़े एण्टीना हम...
- कौन-कौन अपने अभिभावकों को प्रणाम करेगा?...? हाथ उठाओ। मैं कहता हूँ, इसलिए हाथ मत उठाना। सभी बालक हाथ उठाते हैं। माता-पिता के श्रेष्ठत्व की कहानि...
- कौन-कौन आए थे?...? देवताओं ने कहा कि आपके साथ-साथ मनुष्यों के रूप में, मनुष्यों के वेश में हम जाएँगे, जन्म लेंगे। मनुष्...
- कौन-कौन आए थे?...? देवताओं ने कहा कि आपके साथ-साथ मनुष्यों के रूप में, मनुष्यों के वेश में हम जाएँगे, जन्म लेंगे। मनुष्...
- कौन-कौन आते हैं?...? एक का नाम था—नृसिंह अवतार। नृसिंह कैसे थे? एक राक्षस था—हिरण्यकश्यपु। उसको यह वरदान प्राप्त था कि को...
- कौन-कौन आये थे?...? देवताओं ने कहा था कि-‘‘अकेला चना भाड़ नहीं फोड़ सकता।’’ इतने बड़े काम के लिए, इतने लम्बे क्षेत्र मे...
- कौन-कौन आशा लगाए बैठे हैं?...? बेटे! राजनीति से लेकर धर्मनीति तक सब हमारे मिशन की तरफ देख रहे हैं। वे कह रहे हैं कि यहाँ से हमको प्...
- कौन-कौन का हिस्सा है?...? आपके हिसाब से आपकी बीबी का हिस्सा है, आपके बच्चों का हिस्सा है, आपकी माँ का हिस्सा है, भाई का हिस्सा...
- कौन-कौन किसके रूप में आ जाता है?...? बन्दरों के रूप में देवता आ गये थे। उन्होंने, देवताओं ने देवताओं की भूमिका निभायी।...
- कौन-कौन की हो सकती है?...? बहुतों की हो सकती है। क्यों साहब आपने भी देखी है। बेटे हमने भी देखी है। किसकी देखी है आपने? लम्बी उम...
- कौन-कौन के गुरु थे?...? रामचन्द्र जी के थे और उनके बाप के गुरु थे—दशरथ के और उनके बाप के गुरु थे—रघु के। उसके बाद उनके बाप क...
- कौन-कौन घटनाएँ सुनेंगे आप?...? चलिए आपको सुनाता हूँ। रामदास ने एक लड़के को पकड़ लिया। वह इधर-उधर घूम रहा था। उससे कहा—बेटा, तुझे छत्र...
- कौन-कौन चलता है?...? एक हम चलते हैं और एक हमारा प्राण चलता है, एक हमारा जीवट चलता है और एक हमारी हिम्मत चलती है और कोई चल...
- कौन-कौन चलता है?...? एक हम चलते हैं और एक हमारा प्राण चलता है, एक हमारा जीवट चलता है और एक हमारी हिम्मत चलती है और कोई चल...
- कौन-कौन चौंक पड़े?...? बेटे, उनमें से एक का नाम आम्रपाली है, जो दुनिया को गिराने वाली एक महिला थी। लेकिन जब उसने जिन्दगी की ...
- कौन-कौन चौंक पड़े?...? बेटे, उनमें से एक का नाम आम्रपाली है, जो दुनिया को गिराने वाली एक महिला थी। लेकिन जब उसने जिन्दगी की ...
- कौन-कौन तपस्वी हैं?...? तपस्वी मनुष्य भी हो सकते हैं, लेकिन दुनिया में तपस्वियों की बहुत सारी सत्ताएँ हैं, जो दुनिया में शान...
- कौन-कौन ताकतवर हैं?...? ताकतवर मैं उन्हें मानता हूँ जो कि बुद्धिजीवी हैं, जो कलाकार हैं, सम्पन्न हैं और जो राजनेता हैं और किस...
- कौन-कौन निवास करता है?...? शरीर नहीं, चमड़ी नहीं। चमड़ी को ही तो आप स्नान करा देते हैं। इससे कोई काम नहीं बनने वाला है। चमड़ी क...
- कौन-कौन निवास करता है?...? शरीर नहीं, चमड़ी नहीं। चमड़ी को ही तो आप स्नान करा देते हैं। इससे कोई काम नहीं बनने वाला है। चमड़ी को स...
- कौन-कौन ने पाई हैं?...? चंद बच्चों के नाम बता सकता हूँ। प्रह्लाद बच्चा था, लेकिन उसका बाप हिरण्यकशिपु कितना समर्थ था। वह इतन...
- कौन-कौन ने पाई हैं?...? चंद बच्चों के नाम बता सकता हूँ। कंस से लड़ने के लिए श्रीकृष्ण भगवान गए थे। तब वे कितने छोटे थे। बच्चा...
- कौन-कौन परिपूर्ण हो सकता है?...? ऋषि परम्परा के सारे के सारे व्यक्ति परिपूर्ण होते चले गये हैं। पाइथागोरस बैठा हुआ था। उसके पास सिकन्द...
- कौन-कौन बने थे?...? एक-दो के नाम बता दीजिए? हाँ बेटे, बताता हूँ कि उपासना किस-किसने की थी। उस उपासना के ढंग को आपको जानन...
- कौन-कौन रहता था?...? महिरावण रहता था और अहिरावण रहता था। महिरावण और अहिरावण का उल्लेख इतिहास-पुराणों में मिलता है। वही लो...
- कौन-कौन रहते हैं?...? चलिए मैं आपको उनके नाम गिनाता हूँ। सातों ऋषियों को मैंने अपना सेक्रेटरी बना रखा है। सात ऋषि हमारे कम...
- कौन-कौन लोग हैं?...? हम ब्राह्मण हैं। आहा-हा! तुम तो हमारे गुरुजी हो। और हम ठाकुर। अहा! हम और आप तो अपनी बिरादरी के हैं। ...
- कौन-कौन विधियाँ हैं?...? पवित्रीकरण है, आचमन है, प्राणायाम है, न्यास है—ये आपने हमारी सब पुस्तकों में पढे़ होंगे। इन सब क्रिय...
- कौन-कौन सा है ऐसा बदमाश, उसका नाम बताइये?...? बेटे, उस बदमाश का नाम है—आपका मन, जिसने आपके ईमान को, आपकी जीवात्मा को मारा-पीटा है, लातें लगायी हैं...
- कौन-कौन सी चीजें आ गई?...? बहुत-सी चीजें आ गईं। कोयल आ गई बौर देखकर। भौंरे आ गये गीत गाने, खिले हुए फूलों को देखकर। कितने आदमी ...
- कौन-कौन सी चीजें हैं, जो असंयम के आधार पर हमारी जिह्वा पर हावी होती हैं?...? वे हैं—हमारे आहार और विहार। इसको हम कामेन्द्रिय और जिह्वा-इन्द्रिय की शैतानी कह सकते हैं। जिह्वा-इ...
- कौन-कौन सी बेकार की हैं?...? नाक है। नाक क्या संयम करेगी? कान का संयम? कुछ भी नहीं है। गाना-वाना सुन लिया, तो बात अलग है। दिमाग क...
- कौन-कौन सी समस्यायें हैं?...? आपकी आँखों को दिखाई नहीं पड़ेगा। आपको सूर्य का परिभ्रमण तथा पृथ्वी की परिक्रमा कहाँ दिखाई पड़ती है। ...
- कौन-कौन सी हैं?...? आप में से अधिकांश लोगों को वह मंत्र शायद याद होगा। यदि नहीं याद हो तो आप फिर समझ सकते हैं और इसे याद...
- कौन-कौन सी हैं?...? आप में से अधिकांश लोगों को वह मंत्र शायद याद होगा। यदि नहीं याद हो तो आप फिर समझ सकते हैं और इसे याद...
- कौन-कौन से उदाहरण सामने आते हैं?...? एक उदाहरण यह सामने आता है लता का—बेल का। बेल बड़ी कमजोर होती है, बड़ी असमर्थ होती है। बेल बहुत पतली ...
- कौन-कौन से काम करने होंगे?...? इक्कीसवीं सदी में क्या-क्या चीजें समाप्त होने जा रही हैं तथा क्या-क्या होने वाला है? इस पर एक पुस्तक...
- कौन-कौन से कुसंस्कारों की छाया है?...? बेटे ! बहुत से कुसंस्कार हमारे ऊपर छाए हुए हैं, जिनको परिष्कृत करने की जरूरत है, जिनको तपाने की जरूर...
- कौन-कौन से छपते हैं?...? ‘इण्डियन एक्सप्रेस’ के सम्पादक का नाम बताइये? गुरुजी! हमें नहीं मालूम। ‘हिन्दुस्तान टाइम्स’, ‘नव...
- कौन-कौन से प्रयोग किये हैं?...? पहले ब्राह्मण बनने का प्रयोग किया कि ब्राह्मणत्व के क्या-क्या चमत्कार हो सकते हैं? मैंने उसे अपने ...
- कौन-कौन से ये चार पत्थर हैं, जो आपके सिर पर सवार हैं?...? ये चारों हैं—काम, क्रोध, लोभ और मोह। इन्हें गिरा दें, फिर भगवान को देखें। बेटे! प्राणायाम के द्वारा ...
- कौन-कौन से ये चार पत्थर हैं, जो आपके सिर पर सवार हैं?...? ये चारों हैं-काम, क्रोध, लोभ और मोह। इन्हें गिरा दें, फिर भगवान को देखें। बेटे! प्राणायाम के द्वारा ...
- कौन-कौन से राक्षस थे?...? एक का नाम था ताड़का, एक का नाम था मारीच और एक का नाम था सुबाहु। उनके हाथ में तीर-कमान थमा दिया। अरे ...
- कौन-कौन से वो शब्द हैं?...? एक शब्द है—'प्रतिच्छाया' और एक है—'प्रतिध्वनि'। प्रतिच्छाया क्या है? बेटे! प्रतिच्छाया से मेरा मतलब ...
- कौन-कौन से व्यक्तियों का काया-कल्प हो गया?...? कायाकल्प करने वालों में एक आदमी का नाम मैं बता सकता हूँ। क्या बता सकता हूँ? जिन्दा आदमियों के नाम बत...
- कौन-कौन से व्यक्तियों की हो गई है?...? खराब से खराब आदमियों की हो गई है। अच्छा तो आप जरा उनके नाम तो बताइए, फिर हम आपकी बात को मान लेंगे। क...
- कौन-कौन से हैं ये चोर?...? एक का नाम है—काम, एक का नाम है—क्रोध, एक का नाम है—लोभ, एक का नाम है—मोह, एक का नाम है—मद और एक का न...
- कौन-कौन से हैं?...? देख—एक का नाम है—रामनरेश यादव, एक का नाम है—कर्पूरी ठाकुर और एक का नाम—अमुक है, तमुक है।
ये मुख्...
- कौन-कौन हिस्सेदार हैं?...? एक हमारा शरीर और एक हमारी जीवात्मा। एक हमारा कलेवर और एक हमारा प्राण। इसका जो मुनाफा होता हो, दोनों ...
- कौन-कौन हिस्सेदार हैं?...? एक हमारा शरीर और एक हमारी जीवात्मा। एक हमारा कलेवर और एक हमारा प्राण। इसका जो मुनाफा होता हो, दोनों ...
- कौन-कौन-सा काम गिनाएँ?...? अभी गुरुजी ने रिकार्ड ही किया है, टेप ही किया है।...
- कौन-कौन-सी चीजें जगी हुई हैं?...? आपके भीतर एक चाण्डाल जगा हुआ है। वह कामवासना की बातें करता है, बेकार की बातें करता है। यह चाण्डाल ...
- कौन-सा इष्टदेव बनाऊँ?...? जो भी आपका मन हो, बना लीजिए, लेकिन ध्यान पूरा कीजिए। इष्टदेव का आप ध्यान करेंगे तो क्या हो जाएगा? इष...
- कौन-सा खट्टा है और कौन सा मीठा है, हमें क्या पता?...? हम तो अपनी मेहनत की कमाई ही खाते हैं।
किसान ने समझा कि यह कैसा शानदार आदमी है। कैसा ईमानदार आदमी...
- कौन-सा प्रतीक रखा हुआ है?...? गायत्री माता का प्रतीक रखा हुआ है। यज्ञ, हमने भगवान् का प्रतीक रखा हुआ है। ये प्रतीक हैं। प्रतीकों क...
- कौन-सा बायाँ हाथ?...? वह, जो अपना समय देता है। थोड़ा अंश देता है, थोड़ा समय देता है और दायाँ हाथ हमारा वह, जो अपना पूरा सम...
- कौन-सा बीड़ा उठाया है कि व्यक्ति का निर्माण होना चाहिए, परिवार का निर्माण होना चाहिए, समाज का निर्माण होना चाहिए?...? व्यक्ति का निर्माण होगा तो परिवार का निर्माण होगा, परिवार का निर्माण होगा तो समाज का निर्माण होगा। प...
- कौन-सा मंत्र कैसे बोलना चाहिए?...? किस विधि से क्या करना चाहिए? उनको आता है और कर्मकाण्डों की बात सही न रही होती, तो अब तक प्रत्येक पंड...
- कौन-सा मंत्र है?...? सिद्धान्तों को जीवन में शामिल कर लीजिए। हमने सिद्धान्तों को जीवन में शामिल किया है। आप भी शामिल कीजि...
- कौन-सा योगदान दें?...? बेटे ! हम तो इस तरीके से चाहते हैं, जिस तरीके से भवानी ने तलवार दी थी शिवाजी को और यह कहा था कि अब च...
- कौन-सा योगाभ्यास कर रहे हैं?...? कुण्डलिनी जागरण कर रहे हैं। यह भी कोई कुण्डलिनी जागरण है? वह अपने कर्तव्य को ठीक तरह से पूरा करने ...
- कौन-सा योगाभ्यास करेंगे?...? परिवार जैसी लैबोरेटरी संसार में कहीं भी नहीं। क्या आप अपनी धर्म-पत्नी से नहीं सीखते हैं कि उसने कितन...
- कौन-सा रास्ता अख्तियार करना चाहिए?...? सही रास्ता अख्तियार करना और विचार करने का तरीका पकड़ लेना, यह आदमी को नहीं आता है और इसी को मैं बेअक...
- कौन-सा वाला बीज?...? वही, जो हमने गायत्री तपोभूमि की स्थापना करते समय बोया था। आप यहाँ से हिम्मत इकट्ठी करना। एकादशी ...
- कौन-सा है, वह देव?...? उस देवता का नाम है—'आत्मदेव।' अपने आप की पूजा अगर हम कर पाएँ, अपने आपको हम अगर सँभाल पाएँ, सुधार पाए...
- कौन-सी ऐसी वजह है जो आप नहीं कर सकते हैं?...? यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता है, क्या आप घर पर नहीं कर सकते थे? जरूर कर सकते थे। जो नियम और मर्...
- कौन-सी किताब लेकर चलती है?...? अखण्ड-ज्योति की किताब लेती है, दूसरी किताब नहीं लेती है। नावेल पढ़ने के लिए नहीं है। रास्ते में किताब...
- कौन-सी गुफा में?...? मैंने बताया तो था, अपने मन की गुफा में। अपने मन में एक ऐसी गुफा बना ले, अपने मस्तिष्क में एक ऐसी दुन...
- कौन-सी चीज बन सकती है?...? मिट्टी। क्यों साहब! मिट्टी कैसे बन सकती है? मिट्टी बन सकती है तब, जब उसमें श्रद्धा का समावेश कर दिया...
- कौन-सी चीजें हैं?...? उनसे, जो नेचर ने उसको सक्रिय बनाए रखने के लिए जोड़कर रखी हैं॥ नेचर ने जानवर बनाया और इस बात की अपेक...
- कौन-सी देवी की पूजा करने गए थे?...? मनसा देवी की पूजा करने गए थे। मनसा देवी से क्या माँगने गए थे? पैसा। धत् तेरे की। पैसे के लिए मनसा दे...
- कौन-सी देवी के पास गये थे?...? साहब! मनसा देवी के पास गये थे। मनसा देवी के पास किस काम के लिए गये थे? ठीक है आप अपनी मंसा पूरी करान...
- कौन-सी दौलत का?...? जो संसाररूपी दौलत उसने हमारे हाथ में सौंपी है। भगवान ने सब कुछ सौंप दिया है। लोग कहते है, ‘सब सौंप द...
- कौन-सी पार्टी के हैं आप?...? हम तो उस पार्टी के हैं—झोंपड़ी वाली पार्टी के हैं। अह....हा....हा....! हम भी झोंपड़ी में रहते हैं, आप ...
- कौन-सी पार्टी से आए हैं?...? हम तो दीपक वाली पार्टी से आए हैं। बस, बस हो गया। सब जगह अँधेरा छाया हुआ हुआ है। अब दीपक के बिना अँधे...
- कौन-सी पुस्तक छपी थी?...? सबसे पहली पुस्तक का नाम था—‘‘गायत्री ब्राह्मण की कामधेनु है।’’ इस नाम से जैसे ही किताब छपी, सब जगह य...
- कौन-सी बेवकूफियाँ हैं?...? औलाद की। लोग अन्धाधुंध औलाद पैदा कर रहे हैं। ये जाहिल यह नहीं समझते हैं कि आखिर हम क्या कर रहे हैं? औ...
- कौन-सी बैंक में रखा हुआ है?...? ये सब लोग जो बैठे हैं, इनका नाम बैंक है। हमको अगर आवश्यकता पड़े और कहें कि दस-दस रुपये का मनीऑर्डर भ...
- कौन-सी वाली कहानी?...? जिसमें एक साँप था और स्वामी जी ने उससे कहा कि किसी को काटना मत। लोगों ने उसे सताना और पिटाई करना शुर...
- कौन-सी वाली बारूद?...? जो ब्याह-शादियों में और दीवाली के समय बच्चों के लिए खेल-तमाशे करने के काम आती है। सस्ती वाली बारूद क...
- कौन-सी वाली स्टीम?...? जो रेलगाड़ी को धकेलती हुई चली जाती है। यह गरमी के बिना नहीं हो सकता। गुरु जी! हम तो मुसीबतों से दूर ...
- कौन-सी विधि से उपासना की?...? बेटे! हम यही बताने के लिए आज आपके सामने बैठे हैं कि किस विधि से किया? विधि नहीं एक और बात पूछी जाए। ...
- कौन-सी शर्त है?...? अब हम आपको यही समझाने वाले हैं। जिसके लिए हम आपको अब मजबूर करने वाले हैं, जिसके लिए हम दबाव डालने वा...
- कौन-सी सवारी करती है?...? रिक्शा, साइकिल की जरूरत नहीं है, मोटर की जरूरत नहीं है। गायत्री जाती है तो हँस पर सवार होकर जाती है।...
- कौन-सी सुननी चाहिए?...? यही आप उसको समझ लें, ज्यादा गहराई में न जाएँ।
बेटे! मैं तो यही कहने के लिए आई। अभी दो-चार दिन हुए ह...
- कौन-से कदम उठाने वाले हैं?...? दहेजप्रथा और फिजूलखर्ची को समाप्त कर देंगे जिसने इनसान को गरीब बना दिया है। समाज को बर्बाद करके रख द...
- कौन-से कमरे में?...? वो बैठा हुआ है कमरे की कोठरी के कोने में और जैसे ही व्यापार करेगा—तेरी तराजू को, तेरी डण्डी को, तेरे...
- कौरव कौन हैं?...? हमारे अन्दर जो कषाय-कल्मष बैठे हैं, आलस्य और प्रमाद बैठे हुए हैं। जो हमको आगे नहीं बढ़ने देते हैं।
...
- कौरवों से नहीं लड़ेगा तू?...? तो चूड़ियाँ पहनकर घर में बैठ। सामने परिस्थितियाँ दिखाई नहीं दे रही हैं? ये हाहाकार और चीत्कारें कानो...
- क्या लिखा था?...? तुम हमारे, हम तुम्हारे। यही सब लिखा था ना? हाँ, साहब! लिखा था। आपने इसको बहकाया-फुसलाया था कि नह...
- क्या कमाएँगी हमारे लिए?...? महिला ने कहा, इस कंजूस के साथ कोई शादी नहीं करेगा। उस व्यक्ति के बारे में विख्यात हो गया कि वह बड़ा...
- क्या करना पड़ेगा?...? बेटे, हम वही आपको समझा रहे हैं। समझें कि आखिर गायत्री है क्या? मित्रो! आपको हम गायत्री उपासना का महत...
- क्या कहता हूँ मैं इनको?...? इनको मैं सम्पत्तियाँ कहता हूँ। सम्पत्ति जमीन में गड़ी हुई मिल सकती है, बाप-दादों की उत्तराधिकार में भ...
- क्या चीज निकालें?...? यही कि उन्होंने कैसे सिद्धान्तों से प्यार किया था और सिद्धान्तों से प्यार करने की वजह से इतने प्रा...
- क्या डुबकी लगाने का काम हमारे जिम्मे रहेगा?...? या डुबकी लगाने वाला काम खत्म हो जायेगा? क्या मोती तलाश करने वाली प्रक्रिया को हम समाप्त करेंगे? नह...
- क्या बता सकते हैं?...? भगवान जी पर चावल चढ़ा देना, अक्षत चढ़ा देना। धूपबत्ती चढ़ा देना। अच्छा गुरुजी चढ़ा देंगे। अच्छा और क्य...
- क्या भगवान जानवरों को खाता है?...? भगवान खाता है—‘‘मैं’’ को, ‘अहम्’ को। हमारा ‘अहम्’ इतना ज्यादा है कि इसमें लोभ, मोह, वासनाएँ, तृष्ण...
- क्या वजह है?...? यही कि हमारी कथाओं और प्रवचनों में कहीं न कहीं कुछ खामी रह जाती है। कहीं न कहीं कुछ गलती रह जाती ह...
- क्या हम किसी के साथ में चालाकी करेंगे?...? नहीं करेंगे। तब हमारा हरेक साथ में ऐसा प्रेम भरा हुआ, सहानुभूति से भरा हुआ, श्रद्धा से भरा हुआ, ऐस...
- क्या हिन्दू धर्म यही है?...? क्या हिन्दुस्तान का पूजा-पाठ यही है? इसे देखकर हमको बड़ा दुःख होता है और बड़ी नफरत होती है कि अगर ऐस...
- क्या 'पर' लगा हुआ है?...? उसके पीछे एक कामना छिपी हुई है। वह जो काम करना चाहता है, वह अन्धे के तरीके से, पंगे के तरीके से कर नह...
- क्या अंगीकार करें?...? उसका एक ही उत्तर हो सकता है कि जिसमें औचित्य का गहरा पुट हो, जिसमें समाधान के तर्क, तथ्य, उदाहरण और ...
- क्या अन्धेर फैलेगा?...? यह कि हर आदमी मूल्य चुकाने के लिए जो पुरुषार्थ करता है, योग्यता का सम्वर्द्धन करता है, वे दोनों काम ख...
- क्या अक्सर आपका स्वास्थ्य ठीक नहीं रहता?...?...
- क्या अच्छे चित्रों का प्रकाशन करने के लिए पूँजी की जरूरत नहीं है?...? पूँजी का आह्वान है। हम पूँजी का आह्वान करेंगे और कहेंगे कि जिन लोगों के पास पूँजी है, उन लोगों को पू...
- क्या अच्छे चित्रों का प्रकाशन करने के लिए पूँजी की जरूरत नहीं है?...? पूँजी का आह्वान है। हम पूँजी का आह्वान करेंगे और कहेंगे कि जिन लोगों के पास पूँजी है, उन लोगों को पू...
- क्या अड़ंगा अटकाया?...? एक तो मैं किसी के पास वोट माँगने नहीं जाऊँगा। अच्छा साहब, मंजूर है। दूसरा मैं खड़ा होना नहीं चाहता। ए...
- क्या अध्यात्म से कुछ नहीं मिल सकता?...? मिल सकता है। बेटे, हमने अपनी इतनी लम्बी जिन्दगी लोगों के लिए सिर्फ इसलिए जियी कि हम लोगों को यह सम...
- क्या अध्यात्मवादी दर- दर माँगने वाला कंगाल होता है?...? नहीं, अध्यात्मवादी कंगाल नहीं होता है। वह राजा कर्ण के तरीके से दानी होता है, उदार होता है, उदात्त...
- क्या अपनी खुशी को दूसरे आदमी की खुशी देने का अधिकार दिया?...? अगर हमने ऐसा किया तो समझना चाहिए कि हमने फूल चढ़ाने की बात और फूल चढ़ाने का रहस्य जान लिया। अगर हमार...
- क्या अपनी खुशी को दूसरे आदमी को खुशी देने का अधिकार दिया?...? अगर हमने ऐसा किया तो समझना चाहिए कि हमने फूल चढ़ाने की बात और फूल चढ़ाने का रहस्य जान लिया। अगर हमार...
- क्या अपनी खुशी से दूसरे आदमी को खुशी देने का कभी प्रयास किया?...? अगर हमने ऐसा किया हो तो समझना चाहिए कि हमको फूल चढ़ाने की बात और फूल चढ़ाने का रहस्य मालूम हो गया। अ...
- क्या अपने आप को खिलता-खिलाता हुआ आदमी बनाया?...? क्या अपनी खुशी से दूसरे आदमी को खुशी देने का कभी प्रयास किया? अगर हमने ऐसा किया हो तो समझना चाहिए कि...
- क्या अपने आप को गुलाब की तरह सुगन्धित बनाया?...? क्या अपने आप को हँसता हुआ आदमी बनाया? क्या अपने आप को पुष्प बनाया? क्या अपने आप को हँसता-हँसाता, खिल...
- क्या अपने आप को पुष्प बनाया?...? क्या अपने आप को हँसता-हँसाता, खिलता-खिलाता व्यक्ति बनाया? क्या अपनी खुशी को दूसरे आदमी की खुशी देने ...
- क्या अपने आप को पुष्प बनाया?...? क्या अपने आप को हँसता-हँसाता, खिलता-खिलाता व्यक्ति बनाया? क्या अपनी खुशी को दूसरे आदमी को खुशी देने ...
- क्या अपने आप को सन्तुष्ट आदमी बनाया?...? क्या अपने आप को खिलता-खिलाता हुआ आदमी बनाया? क्या अपनी खुशी से दूसरे आदमी को खुशी देने का कभी प्रयास...
- क्या अपने आप को हँसता हुआ आदमी बनाया?...? क्या अपने आप को सन्तुष्ट आदमी बनाया? क्या अपने आप को खिलता-खिलाता हुआ आदमी बनाया? क्या अपनी खुशी से द...
- क्या अपने आप को हँसता हुआ आदमी बनाया?...? क्या अपने आप को पुष्प बनाया? क्या अपने आप को हँसता-हँसाता, खिलता-खिलाता व्यक्ति बनाया? क्या अपनी खुश...
- क्या अपने आप को हँसता हुआ आदमी बनाया?...? क्या अपने आप को पुष्प बनाया? क्या अपने आप को हँसता-हँसाता, खिलता-खिलाता व्यक्ति बनाया? क्या अपनी खुश...
- क्या अपने आप को हँसता-हँसाता, खिलता-खिलाता व्यक्ति बनाया?...? क्या अपनी खुशी को दूसरे आदमी की खुशी देने का अधिकार दिया? अगर हमने ऐसा किया तो समझना चाहिए कि हमने फ...
- क्या अपने आप को हँसता-हँसाता, खिलता-खिलाता व्यक्ति बनाया?...? क्या अपनी खुशी को दूसरे आदमी को खुशी देने का अधिकार दिया? अगर हमने ऐसा किया तो समझना चाहिए कि हमने फ...
- क्या अपने आप पर पक्षपात का इल्जाम लगवाएँगे, पक्षपाती होने का कलंक लेंगे?...? नहीं, भगवान ऐसा कर नहीं पायेंगे। आपके मन में यह ख्याल हो कि मिन्नतों और खुशामदों से भगवान को अपने नज...
- क्या अब इससे भी परे कुछ हो सकता है?...? कुछ नहीं। विचार करने वाला-परीक्षा करने वाला और परीक्षा की वस्तु, दोनों एक वस्तु नहीं हो सकते। सूर्य ...
- क्या अब भी आपको प्रश्नों के उत्तर नहीं मिले?...? ’’ राजा को मौन देखकर उसने अपनी बात आगे बढ़ायी और कहा कि कार्यों द्वारा आपके प्रश्नों का उत्तर पहले ही...
- क्या अमीर है तू?...? मित्रो! हर आदमी के लिए मुकर्रर कोटा तय है। उतना ही इस्तेमाल कर सकता है। इससे ज्यादा छू नहीं सकता, ज्...
- क्या अर्जुन ऐसा भक्त हो सकता है?...? उन्होंने कहा—जो अपने मतलब में डूबा हुआ है, जिसको दूसरों की और भगवान की इच्छाओं को जानने की अपेक्षा क...
- क्या अर्थ निकला?...? प्राय: पौराणिक कहानियों को लोग इतिहास मान लेते हैं। गलती तो गलती है, मैं क्या कह सकता हूँ। वास्तव मे...
- क्या अर्थ है इसका?...? बेटे, इसका अर्थ यह है कि भगवान् सर्वत्र है, सर्वव्यापी है। इस छोटे से ‘ॐ’ के माने है—भगवान्! और ‘भूर...
- क्या अर्थ होता है?...? यह जरूर बतायें। लोगों से यह भी कहें कि केवल अर्थ को सुन लेना ही काफी नहीं है। रामायण सुन लेना ही काफ...
- क्या अर्थ होता है—इष्ट का?...? इष्ट किसे कहते हैं? हिन्दी में बताइए आप। बेटे, इष्ट कहते हैं—लक्ष्य को। लक्ष्य से क्या मतलब है? ...
- क्या आगे यह प्रगति क्रम रुक जाएगा?...? क्या लम्बी मंजिल पार करने का लक्ष्य बनाकर चलने वाला कारवाँ कुछ मील पर ही थक कर आगे न चल सकने की असमर...
- क्या आगे वाली चीजें नहीं देख सकते?...? नहीं साहब ! हमको दिखाई नहीं पड़ती। तो आप शंकर जी की भक्ति कीजिए और उनसे वरदान माँगिए कि आपने जो अपना...
- क्या आज हमारे शिष्यों में भी ऐसे पंच प्यारे हैं?...? जो हमारी आज्ञा पर अपना सिर देने को तैयार हैं।’’ शिविरार्थी शिष्य जो लगभग 50-60 की संख्या में थे, उनम...
- क्या आदमी अपनी मुसीबतों को दूर कर सकता है?...? क्या वह अपनी मुसीबतों के अलावा दूसरों की मुसीबतें दूर कर सकता है? यह बहुत विस्तृत है बेटे, हम इसकी...
- क्या आदमी को क्षमता सम्पन्न बना सकता है?...? क्या आदमी अपनी मुसीबतों को दूर कर सकता है? क्या वह अपनी मुसीबतों के अलावा दूसरों की मुसीबतें दूर क...
- क्या आदमी भगवान को बना सकता है?...? हाँ, आदमी भगवान को बना सकता है। कैसे बना सकता है? हम अपने छापाखाना में छाप-छाप करके बहुत से भगवान बन...
- क्या आदेश है?...? क्या निर्देश है? जो दिशाधारा तय कर दी, वे उसी पर अटूट विश्वास, अटूट निष्ठा के साथ इतनी लम्बी अवधि तक...
- क्या आधार बनाया गया है?...? सबसे पहले हम जिस देवता का पूजन करते हैं, जल चढ़ाते हैं और मंत्रोच्चार करते हैं—'पाद्यं समर्पयामिः', ...
- क्या आप अनुष्ठान इसलिए कर रहे थे कि आपका काम पूरा हो जाए?...? नहीं भाई साहब! इस ख्याल से मत कीजिए। हमने मूर्तियों की पूजा का प्रावधान सिर्फ इसीलिए किया है। कैसे क...
- क्या आप अपना चिन्तन और अपने विचार बदल सकेंगे?...? यदि हाँ, तो हम आपको शक्ति दिलाएँगे। ब्रह्मवर्चस् साधना में हम आपको शक्ति देने के लिए बुलाते हैं, पर ...
- क्या आप अपना चिन्तन और अपने विचार बदल सकेंगे?...? यदि हाँ तो हम आपको शक्ति दिलाएँगे। ब्रह्मवर्चस साधना में हम आपको शक्ति देने के लिए बुलाते हैं, पर आप...
- क्या आप अपने आप से जद्दोजहद नहीं करेंगे?...? अपने आप से लड़ेंगे नहीं क्या? गायत्री का चमत्कार देखने का अगर आपका मन है, वास्तविक रूप में गायत्री से...
- क्या आप अपने जीवन में कुछ हिम्मत इकट्ठी कर सकते हैं?...? इसीलिए बुलाते हैं और हर एक आदमी से बार-बार यही सवाल पूछते रहते हैं कि क्या आप इस शानदार समय को पहचान...
- क्या आप इतनी भी कृपा नहीं कर सकते?...? अगर हमने यह प्रार्थना की होती तो मजा आ जाता, फिर हम शान्ति ले करके आते और शंकर जी के भक्तों के तरीके ...
- क्या आप इस लोभ और मोह से, अपने वासना और तृष्णा के बन्धनों को काटते हुए अंगद के तरीके से चलने के लिए तैयार हैं?...? मित्रो! मैं आपको अंगद के तरीके से सन्देशवाहक बनाकर के भेजता हूँ। मेरे गुरु ने मुझे सन्देशवाहक बनाकर भे...
- क्या आप इसी खेल- खिलवाड़ के अध्यात्म समझते हैं और इसी से सब कुछ पा लेना चाहते हैं?...? नहीं, अध्यात्म इतना सस्ता नहीं हो सकता। अध्यात्म महँगा है और आपको इसकी महँगी कीमत चुकाने के लिए तैया...
- क्या आप इसी खेल-खिलवाड़ को अध्यात्म समझते हैं और इसी से सब कुछ पा लेना चाहते हैं?...? नहीं, अध्यात्म इतना सस्ता नहीं हो सकता। अध्यात्म महँगा है और आपको इसकी महँगी कीमत चुकाने के लिए तैया...
- क्या आप इसे खाली नहीं कर सकते?...? अकल को खाली कीजिए। अकल को अगर खाली करेंगे तो आप मनस्वी कहलायेंगे।...
- क्या आप उनकी सहायता नहीं कर सकते?...? कोढ़ी और अन्धा कौन? आप और हम। हम और आप नैतिक दृष्टि से कोढ़ी और अन्धे ऐसे, जिनको अपना भविष्य, अपना व्य...
- क्या आप उन्हें इंजीनियरिंग सिखाएँगे?...? नहीं इंजीनियरिंग नहीं सिखाएँगे। हम दो तरह के आदमी बनायेंगे—एक का नाम होगा—मनस्वी और दूसरे का नाम होग...
- क्या आप ऐसा नहीं कर सकते?...? आप हमारे साथ शामिल हो जायें और हम और आप मिलकर के बड़ा काम करें। उसमें से जो मुनाफा आये, वो बाँट लें। ...
- क्या आप ऐसी हिम्मत नहीं कर सकते?...? आप ऐसी दूरदर्शिता नहीं दिखा सकते? आपको ऐसी बुद्धिमानी नहीं आती? आप ऐसी अकल से रिश्ता नहीं जोड़ना चाह...
- क्या आप कहीं सोने के बने हुए हैं?...? बिगाड़ेगा तो सबके लिए बिगाड़ेगा, लेकिन अगर अपने नियम-व्यवस्था बिगाड़ेगा तो मैं आपसे यह पूछता हूँ कि ...
- क्या आप किसी और की सहायता करना चाहते हैं या अपना भला करना चाहते हैं?...? अगर आप अपना भला करना चाहते हैं, तो हम आपकी सहायता कर सकते हैं। अगर कहीं आपको ऐसे अध्यात्म की आवश्यकत...
- क्या आप कुछ पैसे इकट्ठा करा सकते हैं?...? हाँ गुरुजी! हम करा देंगे। कितना? पच्चीस हजार का तो हमारा वायदा है, फिर आगे आपका भाग्य है।...
- क्या आप कुछ पैसे इकट्ठा करा सकते हैं?...? हाँ गुरुजी। हम करा देंगे। कितना? पच्चीस हजार का तो हमारा वायदा है, फिर आगे आपका भाग्य है।...
- क्या आप जरूरत की बात नहीं कहेंगे?...? आप जरूरत की बात कहिए। जरूरत की बात कहेंगे तो चीजें मिल जाएँगी? हाँ चीजें तो मिल जाएँगी, लेकिन नुकसान...
- क्या आप जानते हैं कि कौन सी अदृश्य शक्तियाँ इस सृष्टि को चला रही हैं?...? इस सृष्टि की बागडोर किस परम सत्ता के हाथ में है।...
- क्या आप जानते हैं कि हमारा दिमाग (मस्तिष्क) क्या-क्या कर सकता है?...? उसकी कितनी जबरदस्त क्षमताएँ हैं? दिमाग की क्षमताओं से कैसे लाभ उठाया जा सकता है?...
- क्या आप जानना चाहते हैं कि आपका इस धरती पर जन्म क्यों हुआ है?...? आप कौन हैं और आपके जीवन का लक्ष्य क्या है? तो पढ़ें—
1. मैं क्या हूँ? 2. जीवन लक्ष्य और उसकी प्राप...
- क्या आप दिखा देंगे?...? ’’
गुरुजी ने बड़े सहज भाव से कहा-‘‘क्यों बेटा! मुझसे काम नहीं चलेगा?’’ मैं उन्हें बस देखता रह गया। म...
- क्या आप दिमागी कशमकश (आन्तरिक संघर्ष) से परेशान हैं; समझ नहीं आता क्या करें?...? क्या सही-गलत का निर्णय नहीं कर पा रहे?...
- क्या आप दो लोगों के लिए जियेंगे?...? औरत और बच्चे के लिए जियेंगे? यह काम तो कोई भी कर सकता है। बुद्ध भगवान के भीतर किसी ने पुकारा और वे छ...
- क्या आप बच्चों को छाती से लगाएँगे?...? उसे छोटी-छोटी कहानियों से प्रेरणा देंगे? गुरुजी! हमने तो बच्चों के लिए नौकर रख छोड़ा है। नौकर ही बच्...
- क्या आप बता सकते हैं?...? वरदान की प्रतिक्रिया वही होती है, जो होनी चाहिए। जिन लोगों ने वरदान माँगे थे, उन्होंने भी वही किया। ...
- क्या आप बुद्धि बढ़ाना चाहते हैं?...? क्या आप चाहते हैं कि आप जो भी पढ़ें वो आपको झटपट याद हो जाये, तो पढ़ें—
1. बुद्धि बढ़ाने की वैज्ञानिक...
- क्या आप भगवान की सहायता कर सकते हैं?...? क्या आप अपने जीवन में कुछ हिम्मत इकट्ठी कर सकते हैं? इसीलिए बुलाते हैं और हर एक आदमी से बार-बार यही ...
- क्या आप भगवान की सहायता कर सकते हैं?...? हम इसीलिए बुलाते हैं और हर एक आदमी से बार-बार यही सवाल पूछते रहते हैं कि क्या आप इन शानदार समय को पह...
- क्या आप भावना शून्य हो गये हैं?...? क्या आपका हृदय पत्थर का और लोहे का हो गया है? नहीं, मेरा ख्याल है कि सब आदमियों का ऐसा नहीं हुआ होगा...
- क्या आप मीठे वचन कहकर वह काम नहीं करा सकते, जो आप कड़ुवे वचन बोलकर या गाली देकर कराना चाहते है, वह प्यार भरे शब्द, सहानुभूति भरे शब्द कहकर नहीं करा सकते?...? करा सकते है। जिह्वा ही नहीं, हर इंद्रिय का सदुपयोग करें मित्रो! ये जिह्वा का संकेत है, जो हम बार बार...
- क्या आप मीठे वचन कहकर वह काम नहीं करा सकते, जो आप कड़ुवे वचन बोलकर या गाली देकर कराना चाहते हैं, वह प्यार भरे शब्द, सहानुभूति भरे शब्द कहकर नहीं करा सकते?...? करा सकते हैं।
जिह्वा ही नहीं, हर इंद्रिय का सदुपयोग करें
मित्रो! ये जिह्वा का संकेत ...
- क्या आप मीठे वचन कहकर वह काम नहीं करा सकते, जो आप कड़ुवे वचन बोलकर या गाली देकर कराना चाहते हैं, वह प्यार भरे शब्द, सहानुभूति भरे शब्द कहकर नहीं करा सकते?...? करा सकते है। जिह्वा ही नहीं, हर इंद्रिय का सदुपयोग करें मित्रो! ये जिह्वा का संकेत है, जो हम बार- बा...
- क्या आप मुझे भी प्राप्त करा सकेंगे?...? ’’ क्या भगवान् का अनुग्रह मेरे ऊपर न होगा? सुकरात ने कहा- ‘अच्छा तुम कल आना और मेरी एक सेवा करना, ...
- क्या आप मुसीबत में जहाँ के तहाँ हृदयहीन बने बैठे रहेंगे, मदद नहीं करेंगे?...? जाग्रत आत्माओं को आपत्तिकाल ने पुकारा है कि आप राहत कार्यों के लिए मदद कीजिए। राहत कार्यं केवल बाढ़ ...
- क्या आप मुसीबत में जहाँ के तहाँ हृदयहीन बने बैठे रहेंगे?...? मदद नहीं करेंगे? जाग्रत आत्माओं को आपत्तिकाल ने पुकारा है कि आप राहत-कार्यों के लिए मदद कीजिए। राहत-...
- क्या आप मुस्कान नहीं बाँट सकते?...? क्या आप मुहब्बत नहीं बाँट सकते? ये चीजें कम है क्या? आप देने वाले बन जाइये। आप सेवा दीजिये, सहानुभूत...
- क्या आप मुहब्बत नहीं बाँट सकते?...? ये चीजें कम है क्या? आप देने वाले बन जाइये। आप सेवा दीजिये, सहानुभूति दीजिये, स्नेह दीजिये, फिर देखि...
- क्या आप यज्ञ के बिना पैदा हुए थे?...? नहीं, आप यज्ञ के बिना पैदा नहीं हो सकते थे। अगर माँ ने इंकार कर दिया होता कि इस गंदे बच्चे के लिए, म...
- क्या आप यह नौकरानी खरीद कर लाए हैं या कामवासना की मशीन खरीद कर लाए हैं?...? यह कौन है आपकी? आप इसे प्यार नहीं दे सकते? अरे इस प्रकार की मशीनें, विदेशों में रबर की औरतें मिलती ह...
- क्या आप यही कहने चले थे?...? या यही करने चले थे? इसका परिणाम क्या होगा? कभी सोचा है कि यह दुनिया कैसे जिएगी? दुनिया के कायदे कैसे...
- क्या आप यही ख्याल करते हैं कि औरों की तरीके से हम भी स्वर्ग प्राप्ति के लिए कोशिश कर रहे हैं?...? या मुक्ति के लिए कुछ कर रहे हैं? आपका क्या यही ख्याल है कि सिद्धियाँ और ऋद्धियाँ पाने के लिए हम ...
- क्या आप रोटियों के लिए जिन्दा रहेंगे?...? क्या आपके विचारों का, सारी-की-सारी आकांक्षाओं का केन्द्र बच्चे पैदा करना ही बना रहेगा? क्या आपके सामन...
- क्या आप लोगों के लिए ही हमारा जीवन खतम हो जाएगा?...? क्या यह जीवन चौबीस लाख के लिए ही है? नहीं, इससे ऊँचा भी कुछ सोचना पड़ेगा; क्योंकि गुरुजी का चिन्तन च...
- क्या आप वरदान की वजह से आये हैं?...? वरदान की वजह से आप नहीं आये। क्यों आते हैं आप? आप हमारे प्यार की कशिश से खिंचे हुए चले आते हैं।मित...
- क्या आप वहाँ भी यही हिंदुओं की तरह क्रान्ति करेंगे?...? बेटे, यही क्रान्ति मैं वहाँ भी कर सकता हूँ। फिर बहुत जगह मेरे ट्रांसफर बने हुए पड़े हैं? मैं बिस्तर उ...
- क्या आप वहाँ भी यही हिंदुओं की तरह क्रान्ति करेंगे?...? बेटे, यहीं क्रान्ति मैं वहाँ भी कर सकता हूँ। फिर बहुत जगह मेरे ट्रांसफर बने हुए पड़े हैं? मैं बिस्तर ...
- क्या आप वेश्याओं के पीछे चमचे बनकर फिरना चाहते हैं?...? अरे साहब! इनके क्या कहने? इन्होंने तो वहाँ गाया था, नाचा था, बड़े गजब का था। ये श्रीकृष्ण भगवान् हैं...
- क्या आप वेश्याओं के पीछे चमचे बनकर फिरना चाहते हैं?...? अरे साहब! इनके क्या कहने? इन्होंने को वहाँ गाया था, नाचा था, बड़े गजब का था। ये श्रीकृष्ण भगवान हैं।...
- क्या आप सत्य की खोज में हैं?...? क्या आप जानना चाहते हैं कि आपका इस धरती पर जन्म क्यों हुआ है? आप कौन हैं और आपके जीवन का लक्ष्य क्या...
- क्या आप सद्बुद्धि और सद्गुणों को धन नहीं मानते?...? अष्टावक्र आठ जगह से टेढ़े थे और गरीब थे, पर जब जनक की सभा में जाकर अपने गुणों का परिचय दिया तो राजा ...
- क्या आप समय को पहचान सकते हैं?...? क्या आप भगवान की सहायता कर सकते हैं? क्या आप अपने जीवन में कुछ हिम्मत इकट्ठी कर सकते हैं? इसीलिए बुल...
- क्या आप समय को पहचानते हैं?...? क्या आप भगवान की सहायता कर सकते हैं? हम इसीलिए बुलाते हैं और हर एक आदमी से बार-बार यही सवाल पूछते रह...
- क्या आप सात दिन तक खाना नहीं खाएँगे अच्छा?...? हमारे गाँवों में पहले कंजर आते थे और बीबी, बच्चों को भी साथ लाते थे। वे हाथ में ईंट-पत्थर लिए रहते थ...
- क्या आप स्वर्ग में जायेंगे?...? उन्होंने कहा-नहीं, मैं स्वर्ग में नहीं जाऊँगा। क्यों? मैं बार-बार जन्म लूँगा और बार-बार मेरी मृत्यु ...
- क्या आप हमको धीरज देंगे नहीं?...? सन्तुलन देंगे नहीं? क्या शान्ति नहीं देंगे? हिम्मत नहीं देंगे? क्या आप इतनी भी कृपा नहीं कर सकते? अगर ...
- क्या आप हमारा उद्धार कर सकेंगे?...? भगवान बुद्ध ने उसे कुछ मंत्र बतलाया और कहा कि आप इसका जप करें एवं अपने जीवन में उसे धारण करें। वह मह...
- क्या आप हमारे काम नहीं आएँगे?...? आप हमारे काम आइए और हम आपके काम आएँगे। अब हमारा हर एक कार्यक्रम में जाना नहीं हो सकेगा, लेकिन आप में...
- क्या आप हमारे काम नहीं आएँगे?...? आप हमारे काम आइए और हम आपके काम आएँगे। अब हमारा हर एक कार्यक्रम में जाना नहीं हो सकेगा, लेकिन आपमें ...
- क्या आपका यह ख्याल है कि आप बी०ए० फर्स्ट डिवीजन ले आएँगे?...? अगर आपका यह ख्याल है, तो गलत है। अगर आप फाउंटेनपेन की महत्ता मानेंगे तो मैं कहूँगा कि आपकी बात गलत ह...
- क्या आपका वैवाहिक जीवन लड़ाई-झगड़ों से ग्रसित है, जिसके चलते आपकी नींद-चैन आपसे छिन गया है?...?...
- क्या आपका हृदय पत्थर और लोहे का हो गया है?...? नहीं, मेरा ख्याल है कि सब आदमियों का ऐसा नहीं हुआ होगा। ज्यादातर लोगों का तो ऐसा ही हुआ है कि वे घटत...
- क्या आपका हृदय पत्थर का और लोहे का हो गया है?...? नहीं, मेरा ख्याल है कि सब आदमियों का ऐसा नहीं हुआ होगा। ज्यादातर लोगों का तो ऐसा ही हो गया है कि ये ...
- क्या आपकी अकल इतनी मदद करेगी कि आप इन शानदार समय को पहचान लें?...? अगर आपकी अकल इतनी सहायता कर दे और यह बता दे कि यह बहुत ही शानदार समय है, तो फिर हम आपको एक और सलाह ...
- क्या आपकी अकल इतनी मदद करेगी कि आप इस शानदार समय को पहचान लें?...? अगर आपकी अकल इतनी सहायता कर दे और यह बता दे कि यह बहुत ही शानदार समय है तो फिर हम आपको एक और सलाह द...
- क्या आपकी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है?...?...
- क्या आपके अन्दर भावनाएँ नहीं हैं?...? क्या आप भावना शून्य हो गये हैं? क्या आपका हृदय पत्थर का और लोहे का हो गया है? नहीं, मेरा ख्याल है कि...
- क्या आपके अन्दर इतनी शीतलता है?...? क्या ज्ञान की गंगा जो अनवरत बहती चली जा रही है। अभी-अभी आपने देखा कि लड़कों ने गाया, वह सारा-का-सारा...
- क्या आपके अन्दर इतनी शीतलता है?...? क्या ज्ञान की गंगा जो अनवरत बहती चली जा रही है।...
- क्या आपके अन्दर भावनाएँ नहीं हैं?...? क्या आपका हृदय पत्थर और लोहे का हो गया है? नहीं, मेरा ख्याल है कि सब आदमियों का ऐसा नहीं हुआ होगा। ज...
- क्या आपके अपने विचारों का, सारी की सारी आकांक्षाओं का केन्द्र बच्चा पैदा करना ही बना रहेगा?...? क्या आपके सामने अपना परिवार और धन के अलावा कोई तीसरी चीज नहीं आएगी? आपको आनी चाहिए। मेरा पूरा-पूरा म...
- क्या आपके इस पाप कार्य में आपके घर वाले भागीदार हैं क्या?...? घर में पूछने गए, पत्नी से पूछा, बेटे से पूछा, माँ से पूछा। सबका उत्तर एक ही था कि हमको तो उदरपोषण के...
- क्या आपके कोई कर्तव्य नहीं है?...? क्या आपके अन्दर भावनाएँ नहीं हैं? क्या आपका हृदय पत्थर और लोहे का हो गया है? नहीं, मेरा ख्याल है कि ...
- क्या आपके दिल में क्रान्ति की आग धधकती है और आप आज की विकट सामाजिक परिस्थितियों में बदलाव लाना चाहते हैं?...? गुण्डागर्दी, आतंकवाद, भ्रष्टाचार को जड़ से उखाड़ फेंकना चाहते हैं, तो पढ़ें—
1. सतयुग की वापसी 2. क्...
- क्या आपके पास इसके लिए कोई स्कूल है?...? दवाखाने वाले तो वो चीज हैं कि जहाँ कहीं भी जाइए, हर चीज का इंजेक्शन लगा देंगे। उन्हें ये मालूम न...
- क्या आपके पास कैमरा था?...? गुरुजी ने कहा, ‘‘नहीं, जिस गुरु पूर्णिमा में मुझे गुरुजी के दर्शन करने थे, सन् 1960 में, उस समय हम स...
- क्या आपके लिए ऐसा सम्भव है?...? क्या आप अपना चिन्तन और अपने विचार बदल सकेंगे? यदि हाँ, तो हम आपको शक्ति दिलाएँगे। ब्रह्मवर्चस् साधना ...
- क्या आपके लिए ऐसा सम्भव है?...? क्या आप अपना चिन्तन और अपने विचार बदल सकेंगे? यदि हाँ तो हम आपको शक्ति दिलाएँगे। ब्रह्मवर्चस साधना मे...
- क्या आपके लिए यह सम्भव है कि आप अपने जीवन में त्याग का, बलिदान का, परोपकार का और परमार्थ का कोई प्रमाण दे सकते हैं कि नहीं?...? मित्रो! अभी ये लड़कियाँ गा रही थीं और मेरे मन में भी लहर आ रही थी। वे गा रही थीं, जरूरत आ पड़ी है,...
- क्या आपके लिए यह सम्भव है कि आप अपने जीवन में त्याग का, सेवा का, बलिदान का, परोपकार का और परमार्थ का कोई प्रमाण दे सकते हैं कि नहीं?...? मित्रो! अभी ये लड़कियाँ गा रही थी और मेरे मन में भी लहर आ रही थी। वे गा रही थीं, "जरूरत आ पड़ी ह...
- क्या आपके लिये कोई कर्तव्य नहीं हैं?...? क्या आपके अन्दर भावनाएँ नहीं हैं? क्या आप भावना शून्य हो गये हैं? क्या आपका हृदय पत्थर का और लोहे का ...
- क्या आपके विचारों का, सारी-की-सारी आकांक्षाओं का केन्द्र बच्चे पैदा करना ही बना रहेगा?...? क्या आपके सामने स्वार्थपूर्ति और धनार्जन—इन दो के अलावा कोई तीसरी चीज नहीं आएगी? आनी चाहिए। मेरा पूर...
- क्या आपके सामने अपना परिवार और धन के अलावा कोई तीसरी चीज नहीं आएगी?...? आपको आनी चाहिए। मेरा पूरा-पूरा मन है कि आपके अन्दर ऐसी स्फुरणा पैदा होनी चाहिए, जो आपका कल्याण करे और...
- क्या आपके सामने स्वार्थपूर्ति और धनार्जन—इन दो के अलावा कोई तीसरी चीज नहीं आएगी?...? आनी चाहिए। मेरा पूरा-पूरा मन है कि आपके अन्दर वह बोध पैदा होना चाहिए, जो आपका कल्याण करे और सारे समाज...
- क्या आपके हाथ में चमत्कार इस तरीके से आएँगे?...? बेटे! मैं ये कह रहा था आपसे, आप गायत्री माता की उपासना का छोटा-सा स्वरूप अपना लें, छोटी-सी उपासना कि...
- क्या आपको ऐसा प्यार करना नहीं आता है?...? केवल अपने बच्चों को ही प्यार कर सकते हैं, दूसरों को नहीं कर सकते क्या? आपका बच्चा तो आपकी पिटाई करेग...
- क्या आपको दिखाई देता हैं?...? उन्होंने कहा कि तुम अभागे हो और मैं भाग्यशाली हूँ। मुझे भगवान हर समय दिखाई देता है। मेरी भुजाओं में ...
- क्या आपको नहीं मालूम?...? बेटा! मुझे एक ही बात मालूम है कि जिसके साथ हम जुड़े हुए हैं, हमको पूरा विश्वास और पूरी श्रद्धा है, ट...
- क्या आपको यह आश्वासन दिलाना पड़ेगा कि मरने के बाद क्या होगा?...? मित्रो! मरने के बाद क्या होता है और मरने के बाद में कहाँ जाना पड़ेगा? मैं कुछ कह नहीं सकता।...
- क्या आपको वह उदाहरण ध्यान नहीं है?...? कौन सा? वेस्टन वॉच कंपनी का। वेस्टन वॉच कंपनी की घड़ियों का मार्केट उसकी प्रामाणिकता पर निर्भर है। ...
- क्या आपको सन्तोष हो जाएगा?...? मित्रो, इस शिविर में आप को बुलाने के पीछे हमारा विशेष उद्देश्य सन्निहित था। आप कहते हैं कि हमें कु...
- क्या आपने इन अनुदानों का मूल्यांकन किया?...? अगर किया जाना है तो एक ही रूप में किया जाना है कि आपको थोड़ी−सी हिम्मत करनी है। एक छलाँग लगानी है। ज...
- क्या आपने उसे देखा है?...? इसे आप नहीं देख सकते। हमारे भीतर महान बैठा है और हमारे जीवन में महान काम करता है। आप इसे नहीं जान सक...
- क्या आपने कभी सोचा है कि आपके शहर में दवाइयों की इतनी दुकानें क्यों बढ़ती चली जा रही हैं?...? हम ही अपना पैसा रोगों के शिकार होकर इन्हें देते हैं और पालते हैं।...
- क्या आपने कभी सोचा?...? वह हिमालय से भगीरथ के आवाज पर इस धरती पर आईं तथा इस धरती के लोग जो त्राहि-त्राहि कर रहे थे उन्हें रा...
- क्या आपने गुरुजी का आशीर्वाद पाया?...? हाँ बेटा! पाया, लाखों व्यक्तियों ने पाया और आज यदि उन सभी के बारे में लिखा जाए तो अठारह पुराण बन जाए...
- क्या आपने सावित्री सत्यवान की कहानी पढ़ी है?...? पढ़ी होगी तो जानते होंगे कि फिर क्या हुआ था? राजकुमारी से विवाह करने के बाद सत्यवान के जीवन में एक वक...
- क्या आपने सावित्री सत्यवान की कहानी पढ़ी है?...? पढ़ी होगी तो जानते होंगे कि फिर क्या हुआ था? राजकुमारी से विवाह करने के बाद सत्यवान के जीवन में एक वक...
- क्या आपने ‘एटम’ को कभी देखा है?...? एटम में बहुत ताकत होती है। समूचे सौरमण्डल में सूर्य केन्द्र में रहता है, परन्तु एटम को कभी देखा है?...
- क्या आपसे मैं पैसे की बात कह रहा हूँ?...? मैं तो श्रम की बात कह रहा हूँ। समय की बात कह रहा हूँ। मुहब्बत की बात कह रहा हूँ। प्रोत्साहन की बात क...
- क्या आफत आ गई?...? नहीं महाराज जी! हमको सपने में दीख गई। मित्रो! यह क्या है? मानसिक दुराचार है। मानसिक दुराचार को अगर आ...
- क्या आफत आ गयी?...? ये तो मुसीबत पैदा करेंगे। मित्रो! देवताओं की इतनी हुकूमतें नहीं हो सकतीं। एक ही हुकूमत हो सकती है। ...
- क्या आवश्यक है?...? क्या झूठी शेखीखोरी के पीछे कुछ वास्तविकता है? यदि नहीं तो सर्व-साधारण के लिए प्राण-घातक बनी हुई चिन्...
- क्या आशीर्वाद दें?...? यह आशीर्वाद दीजिए कि हमारे सन्तान हो जाए। बेटे ! हमको तीन साल का अपना पुण्य आपको देना पड़ेगा, तप देना...
- क्या आशीर्वाद होता है?...? कोई आशीर्वाद नहीं होता। आप कमाइए, हमको दीजिए, हम कमाएँगे आपको आपको देंगे। यह आज की दुनिया का बिल्कुल...
- क्या इंतजाम करेंगे?...? हमने विचार कर रखा है कि स्टीम कुकर, प्रेशर कुकर का प्रबन्ध करेंगे। उसमें आप अपने खाद्य में से उतनी मा...
- क्या इंतजाम करेगा?...? ले आ कुछ डबल रोटी, बिस्कुट ले आ, बोर्नवीटा ले आ, कुछ हॉर्लिक्स ले आ, कुछ दूध ले आ। महाराज जी। आप ...
- क्या इच्छा पूरी करें?...? लोक-मंगल के लिए। लोक-मंगल के लिए, लोकहित के लिए, जनकल्याण के लिए प्राचीनकाल के भक्तों का इतिहास देखि...
- क्या इच्छा है?...? हम भगवान को थोड़ा-सा प्रसाद चढ़ाना चाहते हैं, धूपबत्ती चढ़ाना चाहते हैं, नाम लेना चाहते हैं और क्या ...
- क्या इतनी सुविधा स्त्रियों को नहीं मिल सकती?...? प्राणी को पिंजड़े में कैद करने पर उसकी प्रकृति प्रदत्त स्फूर्ति क्रमश: नष्ट होती चली जाती है। इसका प...
- क्या इतनी सुविधा स्त्रियों को नहीं मिल सकती?...? प्राणी को पिंजड़े में कैद करने पर उसकी प्रकृति प्रदत्त स्फूर्ति क्रमशः नष्ट होती चली जाती है। इसका प...
- क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए?...? हाँ, अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना हो, तो मन्दिरों का यही रूप बना रहने देना चाहिए...
- क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए?...? हाँ, अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना हो तो मन्दिरों का यही रूप बना रहने देना चाहिए। अ...
- क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए?...? हाँ, अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना हो, तो मन्दिरों का यही रूप बना रहने देना चाहिए। ...
- क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए?...? हो अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना हो तो मन्दिरों का यही रूप बना रहने देना चाहिए। अगर...
- क्या इनका पूरा होना जरूरी है?...? बिलकुल जरूरी नहीं है, क्योंकि ये दुनिया, ये परिस्थितियाँ केवल आपके लिए थोड़े ही बनी हैं! आप अनुकूल प...
- क्या इनका पूरा होना जरूरी है?...? बिलकुल जरूरी नहीं है, क्योंकि ये दुनिया, ये परिस्थितियों केवल आपके लिए थोड़े ही बनी हैं। आप अनुकूल प...
- क्या इनके जीवन के क्रियाकलाप वह हैं, जो अध्यात्मवादी के होने चाहिए?...? हमको बड़ी निराशा होती है जब यह मालूम पड़ता है कि सब कुछ उलटा- पुलटा हो रहा है। अध्यात्म की दिशायें अ...
- क्या इनसान भगवान हो सकता है?...? हाँ, बिलकुल हो सकता है, अगर उसको प्रकाश मिल जाए तब, लेकिन अगर अन्धकार मिल जाए तो उसकी ऐसी मिट्टी पलीद...
- क्या इनसान भगवान हो सकता है?...? हाँ बिलकुल हो सकता है, अगर उसको प्रकाश मिल जाए तब, लेकिन अगर अन्धकार मिल जाए तो उसकी ऐसी मिट्टी पलीद ...
- क्या इम्तिहान में पास हो गए थे?...? उन्होंने (अपनी जमीन में से) दो प्रतिज्ञाएँ की थीं, कि जलाराम (मेहनत) मेहनत मजूरी करेंगें, और खेती मे...
- क्या इरादा था?...? उनका इरादा था कि संसार में जो अवांछनीय तत्त्व हैं, उनको हम जला देंगे। अवांछनीय तत्त्वों को जला देना ...
- क्या इशारा है?...? यही कि अब आप गाड़ी को चला सकते हैं। यदि यही बात जबान से कहते, तो फिर कौन सुनने वाला है? चाहे जितनी ...
- क्या इस कोठरी में हमको जगह नहीं मिल सकती?...? फकीर ने दरवाजा खोल दिया और कहा कि इसमें सोने के लिए एक आदमी की जगह थी, लेकिन हम दो आदमी भी बैठ सकते ...
- क्या इस दुनिया का विनाश होगा?...? नहीं, बेटे, जिस स्रष्टा ने इस बेहतरीन, खूबसूरत दुनिया को बनाया है, जिसके समान अब तक ऐसी खूबसूरत दु...
- क्या इस दुर्भाग्य से बचा नहीं जा सकता?...? थोड़ी दूरदर्शिता और थोड़ी साहसिकता अपनाने पर उन तथाकथित परिस्थितियों का स्वरूप ही बदल सकता है जो लक्ष्...
- क्या इस प्रकार की विपन्नता की स्थिति में, ऐसी संकट-कालीन वेला में- जब आदमी मरने-मारने को तैयार है, जो आप उनको बचाने के लिए डॉक्टरों की तरह सेवा देने के लिए आगे नहीं आ सकते हैं?...? यह कैसी विडम्बना है, जो आप नौकरी के बाद का चार घण्टे का समय भी लोकमंगल के लिए, समाज के लिए, इनसान क...
- क्या इस सुन्दर दुनिया की बरबादी इसी तरह से होती रहेगी?...? क्या यह समय ऐसा ही बना रहेगा? नहीं, जिस कलाकार ने इस दुनिया को अपनी सारी कला झोंक करके बनाया है,...
- क्या इसका कोई विरोधी नहीं होना चाहिए?...? कोई इसकी देखभाल नहीं होनी चाहिए? कोई इसको दूर करने की बात नहीं होनी चाहिए? हाँ, होनी चाहिए। इन्सान न...
- क्या इसके द्वारा संसार में भी कुछ प्रभाव डाला जा सकता है?...? यह शायद तुम्हें यकीन न हो, इसके लिए हम एक प्रयोग कराते हैं और यह प्रयोग तुम्हारे लिए विशेष उपयोगी हो...
- क्या इसके बिना काम नहीं चल सकता?...? इस तरह पैसे पर नियंत्रण रखा जा सकता है और अपव्यय से भी बचा जा सकता है।समय का संयम सबसे महत्त्वपूर्...
- क्या इसमें से कुछ समय, श्रम और धन बचाया जा सकता था?...? यदि बचत हो सकती थी और अधिक व्यय कर डाला गया तो उसे असंयम का एक चिह्न मानना चाहिए और अगले दिन के लिए ...
- क्या इसलिए कि वे कोई संयम नहीं रखते थे?...? नहीं बेटे, ऐसी बात नहीं है। वे तो सन्त थे। उन्होंने दूसरों के दुःख−कष्टों को, उस जहर को खुद पिया और अ...
- क्या इससे दो सौ रुपये महीना मिलेगा?...? नहीं बेटे! अब वो समय चला गया, तेरी जिन्दगी में अब दोबारा समय नहीं आ सकता। नहीं साहब! हम छह महीने के ल...
- क्या इससे भी भगवान मिल जाएगा?...? हाँ साहब! अच्छा तो जब भगवान मिल जाए तो हमें भी दिखाना।
बेटे! योगा वह हो सकता है जिसमें हमारा ...
- क्या इससे ये दूर हो जाएँगे?...? नहीं, इससे ये दूर नहीं हो सकते।फिर कैसे दूर हो सकते हैं? मित्रो। दैत्यों को मारने के लिए देवता का पै...
- क्या इससे वे दूर हो जाएँगे?...? नहीं, इससे वे दूर नहीं हो सकते।देवताओं का आना जरूरीफिर कैसे दूर हो सकते हैं? मित्रो! दैत्यों को मारन...
- क्या इसी को बुद्धिमत्ता कहें-जिस पर मनुष्य इतराता और इठलाता फिरता है?...? बाहर की बहुत बातें जानकर हम ज्ञानवान कहलाएँ यह ठीक है। पर यह भी कम आवश्यक नहीं कि हम जीवनोद्देश्य जै...
- क्या इसी में बना देंगे?...? नहीं बेटे, इसी में तो नहीं बनाते, पर हाँ हम एक ऐसी विचारधारा, एक ऐसी फिजा पैदा करेंगे जो सारे के सार...
- क्या इसी से आपका प्यार होता है?...? क्या मतलब है आपके प्यार से! मरद औरत को खाएगा और औरत मरद को खाएगी, क्या यही अर्थ है विवाह का? गाँधी...
- क्या इसीलिए आप गायत्री माता को पकड़ने के लिए आए हैं?...? ये जो माँ हैं, वे दुखियों को देखकर बड़ी जल्दी पिघल जाती हैं, पर वे चाबुक भी रखती हैं, कहती हैं—ऐसे न...
- क्या इसे कोई शान्ति देने वाला है?...? कोई अकल देने वाला है कि ये सारा-का-सारा संसार हमारा विनाश के कगार में चलता हुआ चला जा रहा है?
ह...
- क्या इसे सरकार बन्द कर सकती है?...? नहीं, सरकार नए-नए कायदे-कानून और नीतियाँ बनाती चली जाएगी और लोग अपने बचाव के लिए नए-नए तरीके ईजाद ...
- क्या इसे सरकार बन्द कर सकती है?...? नहीं, सरकार नए-नए कायदे-कानून और नीतियाँ बनाती चली जाएगी और लोग अपने बचाव के लिए नए-नए तरीके ईजाद कर...
- क्या इसे सहकारिता कहते हैं?...? अरे मक्कारो! यह तो मालिक तथा जानवरों का व्यवहार और मालिक तथा दासी का व्यवहार है। यह समानता का व्यवहा...
- क्या इसे स्नेह कहते हैं?...? क्या इसे सहकारिता कहते हैं? अरे मक्कारो! यह तो मालिक तथा जानवरों का व्यवहार और मालिक तथा दासी का व्य...
- क्या इसे हम धनवान होने की कला या विज्ञान कह सकते हैं?...? परन्तु यह समझ लेना चाहिए कि अर्थशास्त्री निरी लूट से ही धनी होने की बात कहते हैं। उनकी ओर से कहना ठी...
- क्या ईश्वर अनेक हैं?...? (८) गाँवों के पिछड़े लोग किस प्रकार के देवी-देवताओं को मानते हैं तथा उनसे उन्हें क्या हानियाँ हैं? (९...
- क्या उत्तर है?...? यही कि आदमी के भीतर की मोहब्बत का ही दूसरा नाम आनन्द है। उसी का नाम प्यार है। उसी का नाम प्रसन्नता है...
- क्या उद्देश्य है?...? अपने आप का परिशोधन करते हुए पूर्णता तक जा पहुँचने का उद्देश्य नंबर एक। प्यार कीजिए—प्यार का विस्...
- क्या उन फर्जों से मुक्ति प्राप्त नहीं की जानी चाहिए?...? मनुष्य के मन में जिस दिन ये भाव उत्पन्न होते हैं, उस दिन चारों ओर देवता दिखाई पड़ते हैं। वह अध्यापक...
- क्या उनका बदला नहीं चुकाया जाना चाहिए?...? क्या उन फर्जों से मुक्ति प्राप्त नहीं की जानी चाहिए? मनुष्य के मन में जिस दिन ये भाव उत्पन्न होते ...
- क्या उनकी चीत्कार कानों में नहीं पड़ती?...? पड़नी चाहिए। अन्यान्य विकृतियाँ हैं, जो कि हमारे समाज में कोढ़ हैं। वह कोढ़ पुकार रहा है कि भाई! कोई...
- क्या उनकी तपस्या भी उनके इस पाप को नष्ट न कर पाई थी?...? ऋषि विचार ही कर रहे थे कि कुछ लोग जो ऋषि को जानते थे, वे राजा के पास पहुँचे और ऋषि का परिचय देते हुए...
- क्या उनकी भुजाएँ हम भी बन सकते हैं?...? बेटे! भुजाएँ बहुत काम आती हैं। खाना खाने के काम आती हैं। प्रणाम करने के काम आती हैं। तकिये के काम आत...
- क्या उनके ऋणों से मुक्ति नहीं पायी जा सकती है?...? मनुष्य के मन में जिस दिन ये भाव उत्पन्न होते हैं, उस दिन उसे चारों ओर देवता, दिखायी देते हैं। एक द...
- क्या उनके पदचिह्नों पर भी चल सकते हैं?...? क्या कदम-से-कदम मिलाकर उनके साथ हम भी चल सकते हैं? क्या उनकी भुजाएँ हम भी बन सकते हैं?
बेटे! भुज...
- क्या उनके सहारे उस सुख सुविधा का रसास्वादन किया जा सकता है, जिनकी कल्पना भ्रान्त धारणाओं के आधार पर सँजोई गई है?...? मनुष्य का निर्वाह अत्यधिक स्वल्प साधनों से हो सकता है। उतना उपार्जन कुछ ही घण्टे में सामान्य श्रम से...
- क्या उन्हें पाप नहीं पड़ता?...? ’’
इतने में एक कुत्ता लंगड़ाता हुआ बीच सड़क में कहीं से आ गया। गुरुदेव बोले, ‘‘देख बेटा, यह कुत्ता पू...
- क्या उन्होंने रघुवंशियों से लेकर अनेकों राजाओं की राजसत्ता को अच्छा नहीं बना दिया था?...? हाँ, उन्होंने बना दिया था। सारे महामानव धर्मसत्ता को लेकर चले थे। चाणक्य ने क्या चन्द्रगुप्त को ...
- क्या उन्होंने रघुवंशियों से लेकर अनेकों राजाओं की राजसत्ता को अच्छा नहीं बना दिया था?...? हाँ, उन्होंने बना दिया था। सारे महामानव धर्मसत्ता को लेकर चले थे। चाणक्य ने क्या चन्द्रगुप्त को अच्छ...
- क्या उन्होंने शिवाजी और दूसरे लोगों को अच्छा नहीं बना दिया?...? हाँ, बना दिया था। हम भी सरकारों को अच्छा बना देंगे, जनता को अच्छा बना देंगे। जनता को अच्छा बनाने...
- क्या उन्होंने शिवाजी और दूसरे लोगों को अच्छा नहीं बना दिया?...? हाँ, बना दिया था। हम भी सरकारों को अच्छा बना देंगे, जनता को अच्छा बना देंगे। जनता को अच्छा बनाने के ...
- क्या उपयुक्त व्यक्तित्वों के अभाव मात्र से किसी श्रेष्ठ परम्परा का लोप हो जाना चाहिए?...? समाज की प्रगति अवरुद्ध हो जानी चाहिए? नहीं ! समय और परिस्थिति के अनुरूप रीति-रिवाज बदलते रहे हैं और ...
- क्या उपरोक्त कथन से स्पष्ट नहीं होता कि जीवन धन अमूल्य है, बहुमूल्य है तथा अखिल ब्रह्माण्ड की किसी भी वस्तु की तुलना में यह महान है?...?...
- क्या उपवास इसी को कहते हैं?...? नहीं, इसे नहीं कहते हैं।
विज्ञापन वाली आध्यात्मिकता छोड़िए
मित्रो! विज्ञापन वाली इस आध्यात्...
- क्या उपवास करता है?...? नहीं साहब! कुछ रबड़ी खाता हूँ, कुछ पकौड़ी खाता हूँ, कुछ जलेबी खाता हूँ। क्या-क्या खाता है? कुछ और रह ग...
- क्या उपासना करें?...? छोटी-सी करें। गायत्री माता की छवि मूर्ति के रूप में चौकी पर रख लें। फिर आप क्या करेंगे चौकी पर? गायत...
- क्या उपासनाएँ बताई थीं?...? हमने आपको तीन यूनीवर्सल उपासनाएँ बताई थीं? ये तीन यूनीवर्सल उपासनाएँ कौन-सी हैं? एक है—'जप'। ...
- क्या उल्टी कोशिश?...? जैसे कि हम और आप करते हैं। हमारा कमीनापन, हमारा घटियापन, भगवान् पर हावी जो जाए। जैसा हम चाहते हैं, व...
- क्या उसकी त्याग शक्ति पुरुष से ज्यादा नहीं है?...? क्या उसकी सहिष्णुता और उसका साहस पुरुष को पीछे नहीं छोड़ देता? उसके बिना पुरुष की हस्ती ही सम्भव नही...
- क्या उसकी पूर्णता शक्ति से संयुक्त होने में ही है?...? जाँच-पड़ताल इसकी भी करनी चाहिए कि उसमें इतनी शक्ति है क्या? जो भौतिक विज्ञान द्वारा प्रस्तुत की जाने...
- क्या उसकी सहज बोध की शक्ति पुरुष से अधिक नहीं है?...? क्या उसकी त्याग शक्ति पुरुष से ज्यादा नहीं है? क्या उसकी सहिष्णुता और उसका साहस पुरुष को पीछे नहीं छ...
- क्या उसकी सहिष्णुता और उसका साहस पुरुष को पीछे नहीं छोड़ देता?...? उसके बिना पुरुष की हस्ती ही सम्भव नहीं हो सकती थी। अगर अहिंसा हमारे जीवन का धर्म है तो भविष्य स्त्री...
- क्या उसके घर में इनकी कमी थी?...? उसके घर में जब नौकरानी काम करती है, तो यहाँ किसलिए आई है? कामवासना की पूर्ति के लिए? नहीं, आपको नहीं...
- क्या उसके जीवन को नष्ट करने का दोष माता-पिता का नहीं?...? संध्या जैसे लाखों लड़के-लड़कियों की यही दशा रहती है।
छोटे बच्चे के पारिवारिक जीवन का यदि पूरी तरह...
- क्या उसके रिश्तेदार थे?...? नहीं मित्रो! यह इनसान का नेचर है। इनसान के अन्दर एक इनसान दिल होता है। जिसे ‘करुणा’ कहते हैं; जो मनु...
- क्या उसके लिए आप कुछ कर पाएँगे?...? दैवीय संपदा का विस्तार करें साथियो! दैवीय सभ्यता जिसका अर्थ भजन करना नहीं होता, वरन् जीवन को दैवीय स...
- क्या उसके हाथ-पाँव बड़े हो गये हैं?...? नहीं, हाथ-पाँव बड़े नहीं हुए हैं। उसके हाथ-पाँव वही हैं। उनमें कोई अन्तर नहीं आया है। लम्बाई-चौड़ाई मे...
- क्या उसे निराश कर दिया जाएगा?...? क्या पौरुष अपनी भूमिका भुला देगा? नहीं, जहाँ पुरुषार्थ जिन्दा है, वहाँ इस दिशा में तुरन्त सक्रियता द...
- क्या ऋषियों ने झूठ बोला?...? नहीं बेटे! ऋषियों ने झूठ नहीं बोला। प्राचीनकाल में जो वर्षा होती थी, उसके साथ में प्राण-पर्जन्य बरसत...
- क्या एक आदमी नियम बनाने के लिए आश्वासन दे सकता है?...? नहीं, एक आदमी के वश की बात नहीं है। एक आदमी फिजाँ बदल सकता है? एक आदमी नया जमाना ला सकता है? एक आदमी...
- क्या एग्रीमेण्ट है?...? पहला यह कि आप नेक इनसान की तरह जीवन जीने का प्रयास करेंगे। हमने नेकी तथा शराफत के आधार पर जीवन जीने ...
- क्या ऐसा कोई कल्पवृक्ष होना सम्भव है?...? हाँ, एक कल्पवृक्ष है और वह है—हमारा जीवन। हम अपने जीवन की महिमा को, गरिमा को समझ पाएँ। जीवन के महत्त...
- क्या ऐसा कोई कल्पवृक्ष होना सम्भव है?...? हो एक कल्पवृक्ष है और वह है-हमारा जीवन। हम अपने जीवन की महिमा को, गरिमा को समझ पाएँ। जीवन के महत्त्व...
- क्या ऐसा कोई व्यक्तित्व है या ऐसा कोई ऋषि है, सन्त है, जो कि जलती हुई अग्नि पर पानी डाल सके?...? जलती हुई लौ में घी डालने का काम तो कोई भी कर जाते हैं; लेकिन पानी का काम हरेक नहीं करता।
बेटे ! स...
- क्या ऐसा जमाना आ रहा है?...? हाँ बेटे, बिल्कुल आ रहा है।
मित्रो! आपके चाहने से आपके लिए दुनिया तो नहीं बदलेगी। आप अपनी चाह...
- क्या ऐसा तरीका हो सकता है?...? हाँ बेटे! ऐसा तरीका हवन का ही हो सकता है, जिसमें हम सारी दुनिया को अपने यहाँ बुला सकते हैं और उसे खि...
- क्या ऐसा सम्भव है?...? हाँ! बिलकुल सम्भव है। जिस तरीके से माँगने वाले याचक खड़े होते हैं और कहते हैं कि हमको देना चाहिए, हमक...
- क्या ऐसा सम्भव हो सकता है?...? नहीं, ऐसा सम्भव नहीं हो सकता।स्वे स्वे आचरेण शिक्षयेत्इसीलिए मित्रो! देवताओं को क्या करना पड़ा कि अयोध...
- क्या ऐसा सम्भव हो सकता है?...? नहीं, ऐसा सम्भव नहीं हो सकता। स्वे स्वे आचरेण शिक्षयेत् इसीलिए मित्रो! देवताओं को क्या करना पड़ा कि अ...
- क्या ऐसा ही कुटुँब होता है?...? ऐसे कुटुँब पर लानत है, जो किसी को देखना ही नहीं चाहता, जहाँ केवल अपना स्वार्थ ही सबको दिखाई देता है।...
- क्या ऐसा हो सकता है?...? हाँ बेटे! हो सकता है। जहाँ कहीं भी ऐसी श्रेष्ठ मनःस्थिति रहेगी, वहाँ की सारी परिस्थितियाँ, वातावरण क...
- क्या ऐसा हो सकता है?...? हाँ, हो सकता है। नेपोलियन में क्या बात थी? आदमी था। कैसा आदमी था? क्या फरक था? कुछ भी फरक नहीं था। ब...
- क्या ऐसा हो सकता है?...? हाँ बेटे! हो सकता है। जहाँ कहीं भी ऐसी श्रेष्ठ मनःस्थिति रहेगी, वहाँ की सारी परिस्थितियाँ वातावरण को...
- क्या कच्चे घड़ों में योगविद्याएँ सिखायी गयी हैं?...? क्या कच्चे घड़ों में आध्यात्मिकता का मर्म और रहस्य सिखाये गये हैं। बच्चा चुप हो गया। उन्होंने कहा—बेट...
- क्या कड़ाई लागू की गई?...?...
- क्या कदम बढ़ाना चाहिए?...? मैंने फिर अपने उसी फरिश्ते से दूसरा सवाल किया कि जब आपने मुझे जगा ही दिया है और यह बता दिया है कि जि...
- क्या कदम बढाना चाहिए?...? मैंने फिर अपने उसी फरिश्ते से दूसरा सवाल किया कि जब आपने मुझे जगा ही दिया है और यह बता दिया है कि जि...
- क्या कदम-से-कदम मिलाकर उनके साथ हम भी चल सकते हैं?...? क्या उनकी भुजाएँ हम भी बन सकते हैं?
बेटे! भुजाएँ बहुत काम आती हैं। खाना खाने के काम आती हैं। प्र...
- क्या कबीर को रोटी नहीं मिलती थी?...? रैदास—मीरा, गाँधी को रोटी नहीं मिली? किसको रोटी नहीं मिली? और जिनको खूब मिली, उन्होंने कोशिश की कि र...
- क्या कभी आपने किसी हिरन को जुकाम होते देखा है?...? किसी खरगोश को खाँसी होते-खाँसते देखा है क्या? कोई भी बीमार नहीं होता। दुनिया में एक ही बेवकूफ जानवर ...
- क्या कभी मुझे उससे लकड़ी नहीं लेनी होगी?...? " हुआ भी यही। वे बाहर थे और उनकी माँ का देहावसान सन् 1971 में हो गया। मैंने कहा—"अरे मैं हूँ, उनकी ज...
- क्या कमा के लाया?...? कुछ भी नहीं कमा के लाया गुरुजी! प्रशिक्षण यों ही गँवाया, तो फिर मूरख काहे के लिए कह रहा था कि मैं बड़...
- क्या कमाता है?...? साहब! कमाता तो नहीं है, पर शादी तो होनी चाहिए। कमाता नहीं है, तो काहे की शादी होनी चाहिए। कमाए या न ...
- क्या कमाल के हाथ हैं?...? उन्होंने स्त्री के हाथ की खूबसूरती को देखा।आप वही खूबसूरती लोगों में देखना शुरू कर दीजिए। फिर आप देख...
- क्या कमाल है?...? आपको तो रात भर करवटें बदलनी पड़ती हैं। भगवान बुद्ध के शिष्यों ने आनन्द से कहा कि तो हमको भी दिखाइये। ...
- क्या कमाल है?...? उन्होंने विधि और कर्मकाण्ड के बारे में पूछा—स्वामीजी क्या मंत्र है? कान में कह दिया उन्होंने—राम नाम...
- क्या कमाल हो सकता है?...? आग में कमाल है जरूर। आग में क्या कमाल है? रेलगाड़ी में, इंजन में जलता है कि नहीं जलता। हाँ साहबा! जलत...
- क्या कमी रह गई थी?...? लोगों के साथ शराफत करने का वास्ता, जो उन्होंने पढ़ा था। उनके पिताजी बड़े शरीफ थे। उन्होंने आज्ञा दी ...
- क्या कमी है?...? गुरुजी! आप तो कहते थे कि दो ही बच्चे हुए थे। बेटे तुझे मालूम नहीं है कि कितने बच्चे हुए थे।अभी लाखों...
- क्या कर दिया?...? आपके लिए एक वातावरण बनाकर के हमने रख दिया यहाँ शान्तिकुञ्ज में। यहाँ क्यों बुलाया है आपको? वातावरण का ...
- क्या कर दिया?...? आपके लिए एक वातावरण बना कर के हमने रखा है। शान्तिकुञ्ज में क्यों बुलाया? वातावरण के लिए बुलाया है। ज...
- क्या कर दिया?...? आपके लिए एक वातावरण बनाकर के हमने रख दिया यहाँ शान्तिकुञ्ज में। यहाँ क्यों बुलाया है आपको? वातावरण क...
- क्या कर दिया?...? आपके लिए एक वातावरण बनाकर के हमने रख दिया यहाँ शान्तिकुञ्ज में। यहाँ क्यों बुलाया है। यहाँ जो भी क्र...
- क्या कर दिया?...? इतनी जबरदस्त शिक्षा दी कि पाण्डवों के कुत्ते का जब उसने मुँह बन्द कर दिया, तो पाण्डवों ने कहा—ऐसी बा...
- क्या कर रहा था तू?...? काम-वासनाओं का सेवन कर रहा था। क्या मिल गया? क्या कमा के लाया? कुछ भी नहीं कमा के लाया गुरुजी! प्रशि...
- क्या कर रहा है?...? बालक ने अपनी बाल सुलभ भाषा में कहा—अम्मा मैं लकड़ी की थाली बना रहा हूँ। जब तू बूढी हो जाएगी तो इसी म...
- क्या कर रही थी?...? म्याऊँ-म्याऊँ। क्या कर रही थी? तलाश कर रही थी। हमारे बच्चे कहाँ चले गए? बच्चों ने अपनी माँ की आवाज स...
- क्या कर रही हैं?...? यह तथ्य यदि उन्हें सुनाये जाते रहें तो सहज ही अभिनव प्रेरणा उत्पन्न होगी और प्रगति की दिशा में कुछ क...
- क्या कर रहे हैं, क्या नहीं?...? उन्हें क्या मतलब? उन्हें तो केवल अपनी उदरपूर्ति से मतलब है। उनको जो सुविधाएँ-साधन मिलने चाहिए, उससे ...
- क्या कर रहे हैं?...? बच्चों जैसी उलटी-पुलटी हरकतें करते हैं। मम्मी हम यह घर बना रहे हैं। हाँ, बहुत खूब बेटे, अच्छा है घर ...
- क्या कर रहे हैं?...? बच्चों जैसी उलटी पुलटी हरकतें करते हैं। मम्मी हम यह घर बना रहे हैं: हाँ बहुत खूब बेटे, अच्छा है घर ब...
- क्या कर रहे हो?...? अरे! पहाड़े याद कर रहे हो। कैसे याद कर रहे हो पहाड़े याद? पाँच एकम पाँच, पाँच दूनी दस, पाँच तिया पन्द्...
- क्या कर लिया तेरी माला ने?...? गाली पड़ती है ना? हाँ साहब! गाली पड़ती है। हाँ बेटे, गाली पड़ेगी। आगे भी, अभी और गालियाँ पड़ेंगी। क्यों?...
- क्या करता रहता है?...? बीमा करा दिया, बीमा करा दिया.......। क्यों भाई साहब! आप तो बड़े दयालु हैं। हाँ साहब! हम बड़े दयालु ह...
- क्या करता रहा?...? यह बताने का विषय नहीं है। पहले बताने की बात थी सो मैंने लोगों को बता दिया था कि मैं गंगोत्री रहा था ...
- क्या करता है?...? पहले अँगीठी में डालता है, फिर कसौटी पर कसता है, तब बात, करता है। पहले दाम बताइए। बेटे! पहले हम दाम क...
- क्या करती है?...? उसने कहा, तुम इतने बड़े हो, कुछ काम कर सकते हो। मैं तो गरीब हूँ, छोटी सी हूँ। मैं तो बिना पढ़ी हूँ, ...
- क्या करते थे?...? उसका कोई चिह्न भी अब बाकी नहीं रहा। हम लोगों की दृष्टि में ऋषि परम्परा की तो अब एक प्रकार से प्रलय ह...
- क्या करते रहे थे?...? हिमालय पर तो बहुत-से लोग रहते हैं। हरिद्वार से हिमालय शुरू हो जाता है, कैलाश तक चला जाता है और कहाँ ...
- क्या करते हैं आप?...? बेटे! हम यह भावना करते हैं कि हम खाली हो गए हैं और मन खाली करके फेंक दिया है और भगवान से कहा कि आपकी...
- क्या करते हैं साहब?...? हम तो अनाथों का पालन करते हैं। बेटे! तेरी दृष्टि में फरक रहा तो कुछ बनेगा नहीं।
हवन भी एक तम...
- क्या करते हैं साहब?...? हम तो अनाथों का पालन करते है। बेटे! तेरी दृष्टि में फर्क रहा तो कुछ बनेगा नहीं। हवन भी एक तमाशा अच्छ...
- क्या करते हैं?...? साहब! हमारा—‘‘शर्मा हेयर कटिंग सैलून ’’ है। आप भी शर्मा जी हैं? हाँ हम भी शर्मा जी हैं, तो ठीक है। आ...
- क्या करते हैं?...? मैं नहीं जानता, लेकिन मन की शक्ति को तो कहते हैं कि हाथी के बराबर वह शक्तिशाली है। शरीर की दृष्टि से...
- क्या करते हैं?...? हम जनता की भावनाओं की इज्जत करते हैं।
इज्जत उसे कहते हैं—जिसके साथ में सहयोग जुड़ा होता है। आपने...
- क्या करते हैं?...? जब कोई शेर या हाथी तंग करता है, तो एक हंटर घुमाते हैं, तो क्या होता है? सन्नाटा खिंच जाता है इलेक्ट्...
- क्या करते हो?...? योगा कर रहे हैं? अरे बाबा! इस योग में यह क्या हुआ? वह योग तो शरीर का हुआ। शरीर को उल्टा कर रहा है।...
- क्या करतें हैं?...? किसकी संगति में रहते हैं? आदि गतिविधियों पर दृष्टि रखें।
२०. सायंकालीन प्रार्थना एवं स्वाध्यायबालक ...
- क्या करना चाहते हैं?...? सरल रास्ता बताइए इंग्लैण्ड जाने का। इंग्लैण्ड जाने का रास्ता जानना चाहते हैं? कैसा सरल रास्ता बताऊँ ...
- क्या करना चाहते हैं?...? सरल रास्ता बताइए इंग्लैण्ड जाने का। इंग्लैण्ड जाने का सरल रास्ता जानना चाहते हैं?? कैसा सरल रास्ता ब...
- क्या करना चाहते हैं?...? सरल रास्ता बताइए इंग्लैंड जाने का। इंग्लैंड जाने का रास्ता जानना चाहते हैं? कैसा सरल रास्ता बताऊं बे...
- क्या करना चाहिए आदमी को?...? आदमी को हैवान के बदले दो काम करने चाहिए, एक तो हजारों जन्मों के साथ जो मलीनताएँ आदमी के ऊपर हावी हो ...
- क्या करना चाहिए आपको?...? एक और काम करना चाहिए। कौन-सा? खिलाड़ी की जिन्दगी जीनी चाहिए। खिलाड़ी की जिन्दगी आप जीयें। खिलाड़ी हारते...
- क्या करना चाहिए और क्या नहीं करना चाहिए?...? बस यहीं हम भटक जाते हैं और इस वजह से हम कहीं के मारे, कहीं जा पहुँचते हैं। जो हमको करना चाहिए, वह ह...
- क्या करना चाहिए था आपको?...? फिर आपको हमसे नया मंत्र पूछना चाहिए था। अगर आपका मकसद यह था कि हमको रावण के तरीके से मालदार और दौलतम...
- क्या करना चाहिए था आपको?...? फिर आपको हमसे नया मंत्र पूछना चाहिए था। अगर आपका मकसद यह था कि हमको भी रावण के तरीके से मालदार और दौ...
- क्या करना चाहिए, क्या विचार करना चाहिए?...? आपको इन दोनों समयों में आत्मबोध और तत्त्वबोध की साधना करनी चाहिए। प्रातःकाल जब आप उठा करें, तो एक नए...
- क्या करना चाहिए?...? अगर आपको ऊँचा उठना है तो आपको भीतर से हिम्मत इकट्ठी करनी चाहिए। क्या हिम्मत करें? ये हिम्मत करें कि ...
- क्या करना चाहिए?...? प्रत्येक क्रिया के लिए जो कर्मकाण्ड बनाए गए हैं, वे श्रेष्ठ काम के लिए बनाए गए हैं। कर्मकाण्ड करते स...
- क्या करना चाहिए?...? आपको अपने शरीर को देना चाहिए। शरीर को क्या देना चाहिए? शरीर बेचारा मुसीबत में फँसा हुआ है, रोज-रोज ब...
- क्या करना चाहिए?...? आपको एक काम करना पड़ेगा। क्या? इस दुनिया में सबसे बड़ी दिक्कत यह पड़ती है कि आदमी अपनी बहुत सारी इच्...
- क्या करना चाहिए?...? अपने भगवान को सम्वेदना में उतारने के लिए हमको ये करना पड़ेगा कि हमें एक अलग कंपनी बनानी पड़ेगी, एक अल...
- क्या करना चाहिए?...? हमारे आपके जैसा आदमी होता तो यह ख्वाब देखता किं ब्याह करना चाहिए, बच्चे पैदा करना चाहिए, नौकरी करनी ...
- क्या करना चाहिए?...? आसुरी मनुष्यों को मार डालना काफी नहीं है, वरन उस वातावरण का परिशोधन करना भी अनिवार्य है। क्या करना च...
- क्या करना चाहिए?...? शमीक ऋषि ने फौरन राजा परीक्षित के पास खबर भेजी कि भाई! एक सप्ताह का समय रह गया है, तुम्हारी जान बचेग...
- क्या करना चाहिए?...? बाबाजी ने कहा कि अच्छा तो बेटा! तू ऐसा कर कि चार भारी-भारी पत्थर ले और उन्हें सिर पर रखकर चल। कहाँ च...
- क्या करना चाहिए?...? इससे कोई समस्या हल होगी? कोई समस्या हल नहीं होगी। क्योंकि आदमी इतना बदमाश और इतना बदकार, इतना जाहिल ...
- क्या करना चाहिए?...? बेटे, आपके हाथ में एक सौभाग्य है। आप चाहें तो सौभाग्य का फायदा उठा सकते हैं। कैसे? आगे वाली लाइन म...
- क्या करना चाहिए?...? इन मुसीबतों से कैसे बचना चाहिए? बचाव का एक ही तरीका है और वह है कि हम अपना दिमागी सन्तुलन कायम रखें...
- क्या करना चाहिए?...? हमारे पास अगर कुछ तप है, कुछ पुण्य है और हमने जप किया है, हमने कुछ अनुष्ठान किया है, अगर हमारे पास...
- क्या करना चाहिए?...? बेअकली हमारे ऊपर इस कदर हावी हो गयी है जिसमें समझदार भी शामिल हैं और बिना समझ भी शामिल है। इस मामले ...
- क्या करना चाहिए?...? हमारे शत्रु बाहर ही नहीं भीतर भी होते हैं और बड़े जबरदस्त होते हैं। बाहरी शत्रु जो हमें बैरियों के रू...
- क्या करना चाहिए?...? सारे घर में शोक, माँ रो रही है, दादी रो रही है। क्यों रो रही है? हमारा बच्चा था, मर गया। आप रोयेंगे?...
- क्या करना चाहिए?...? हमारे आपके जैसा आदमी होता तो यह ख्याल करता, यह ख्वाब देखता कि ब्याह कर लेना चाहिए। बच्चे पैदा करना च...
- क्या करना चाहिए?...? हमारे आपके जैसा आदमी होता तो यह ख्याल करता, यह ख्वाब देखता कि ब्याह कर लेना चाहिए। बच्चे पैदा करना च...
- क्या करना चाहिए?...? बेटे अब हम बुड्ढे हो गए हैं और तू कमाने लगा है। तुझे साढ़े छह सौ रुपये मिलते हैं। देख, हम ये फटा हु...
- क्या करना चाहिए?...? आपको वह काम करना चाहिए, जो कि हमने किया है। हमने आस्था जगाई, श्रद्धा जगाई, निष्ठा जगाई। निष्ठा, ...
- क्या करना चाहिए?...? आपको स्वर्गीय जीवन जीने के लिए मनोकामना एक केन्द्र पर आगे कर लीजिए, पीछे हटा लीजिए - क्या परिणाम मिल...
- क्या करना चाहिए?...? अपना व्यक्तिगत जीवन सुख और शान्तिमय बनाने के लिए अपने कुटुम्ब और परिवार के बारे में ठीक वही नीति निर्ध...
- क्या करना चाहिए?...? विचारों के साथ- साथ में हमारे अन्दर भावना का समावेश होना चाहिए। भावना का अर्थ यह है कि इसके अन्दर तड़प...
- क्या करना चाहिए?...? मैं यह कह रहा था कि आध्यात्मिकता के मौलिक आधारों का प्रतिपादन होना चाहिए, ताकि उससे हम वास्तविक फायद...
- क्या करना चाहिए?...? बाबाजी ने कहा कि अच्छा तो बेटा! तू ऐसा कर कि चार भारी भारी पत्थर ले और उन्हें सिर पर रखकर चल। कहाँ च...
- क्या करना चाहिए?...? वाणी को परिष्कृत करने के लिए हमारा आहार ऐसा होना चाहिए जिसमें पूरे तरीके से सात्त्विकता का समावेश हो...
- क्या करना चाहिए?...? आपको एक काम करना पड़ेगा। क्या? इस दुनिया में सबसे बड़ी दिक्कत यह पड़ती है कि आदमी अपनी बहुत सारी इच्छाए...
- क्या करना चाहिए?...? इतना सब कुछ कर लेने के बाद जप और ध्यान करना चाहिए। जप किसका करना चाहिए? कितना करना चाहिए? गायत्रीमंत...
- क्या करना चाहिए?...? इस ओर ध्यान दीजिए। भविष्य के निर्माण की ओर ध्यान दें, यह तो बहुत अच्छी बात है, पर भूतकाल को भुला मत ...
- क्या करना चाहिए?...? उनको अपने प्रायश्चित में सम्मिलित कर लीजिए। प्रायश्चित प्रक्रिया पूरी करने का एक तरीका और भी है। जहा...
- क्या करना चाहिए?...? इतना सब कुछ कर लेने के बाद जप और ध्यान करना चाहिए। जप किसका करना चाहिए? कितना करना चाहिए? गायत्री-मन...
- क्या करना चाहिए?...? उनको आता है और कर्मकाण्डों की बात सही न रही होती, तो अब तक प्रत्येक पण्डित करोड़पति हो गया होता। प्रत्...
- क्या करना चाहिए?...? ये जो हैं सकाम उपासनाएँ, वो एक प्रकार की चवन्नियाँ हैं, आकर्षण हैं ताकि लोग इस ओर लगे रह सकें; उनका ...
- क्या करना चाहिए?...? करने को तो ढेरों के ढेरों काम पड़े हैं, पर हमने इन तीन महीनों में जो आपको याद दिलाया है, वह यह कि हमक...
- क्या करना पड़ा है?...? यही बताने के लिए मैं आपका बुलाता हूँ।
मित्रो भगवत् भक्तों के प्राचीनकाल के इतिहास में से एक भ...
- क्या करना पड़ा है?...? यही बताने के लिए मैं आपको बुलाता हूँ।मित्रों भगवत् भक्तों के प्राचीनकाल के इतिहास में से एक भी भक्त ...
- क्या करना पड़ेगा इसके लिए?...? इसका नाम प्रज्ञायोग रखा है हमने क्योंकि इसमें कई चीजें शुमार हैं। इसलिए प्रज्ञयोग की साधना, हम सब लो...
- क्या करना पड़ेगा?...? यह भी एक ऐसा काम है, जो मनुष्य के जीवन को और मनुष्य की दिशाओं को हिलाकर रख सकता है। अगर कहीं ऐसा उद्...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको आध्यात्मिक जीवन में पात्रता का विकास करना होगा। तभी आवाज की प्रतिध्वनि की भाँति भगवान के अनुग्र...
- क्या करना पड़ेगा?...? हमको अपना जीवन तपस्वी जीवन में ढालने के लिए तैयार करना होगा। यह कठिन चीज है, अतः ज्यादा कीमत चाहिए। ...
- क्या करना पड़ेगा?...? दूसरे लोग तो भगवान के साथ मखौल करते हैं, दिल्लगीबाजी करते हैं। दिल्लगीबाजी क्या होती है? यह होती है,...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको असलियत समझनी पड़ेगी। असलियत कड़वी है तो रहे, भक्ति का विज्ञान आपको जानना चाहिए। भक्ति का विज्ञा...
- क्या करना पड़ेगा?...? कैसे करना पड़ेगा? इसी विधि का नाम अध्यात्म है।
अध्यात्म की शुरुआत यहाँ से
अध्यात्म क...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको भगवान को खरीदने के लिए अपने आप को सौंपना पड़ेगा। तब भगवान हमारी मनोकामना पूरी करें, ऐसा आप नहीं...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको भगवान का प्यार पाने के लिए, भगवान का अनुग्रह पाने के लिए, भगवान की सहायता पाने के लिए, भगवान की...
- क्या करना पड़ेगा?...? हमको दूसरों की तुलना में अपने आप को बेहतरीन बनाने के लिए, मजबूत बनाने के लिए कुछ काम करने पड़ेंगे। अ...
- क्या करना पड़ेगा?...? अगर संस्कृति वापस न आ सकी तो दुनिया तहस-नहस हो जाएगी, दुनिया मिट जाएगी। दुनिया जिन्दा न रह सकेगी। परल...
- क्या करना पड़ेगा?...? इसके लिए दो बातें मैं आपको बता चुका हूँ। सांसारिक जीवन के लिए भी दो बातें बता चुका हूँ कि अगर आपको म...
- क्या करना पड़ेगा?...? इन देवताओं की साधना करनी पड़ती है। साधना कैसे की जाती है? यही तो मैं निवेदन कर रहा था।...
- क्या करना पड़ेगा?...? बेटे, हमको अपने बहिरंग जीवन को परिष्कृत करना पड़ेगा।
मित्रो! बहिरंग जीवन को परिष्कृत करने के...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको घर-घर जाना पड़ेगा। लोगों में रुचि पैदा करनी पड़ेगी। पिछड़ापन अगर ऐसा रहा होता, जो कहता है कि हम...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको आध्यात्मिक जीवन में पात्रता का विकास करना होगा। तभी आवाज की प्रतिध्वनि की भाँति भगवान के अनुग्र...
- क्या करना पड़ेगा?...? भगवान के क्रियाकलापों में हिस्सेदारी करने के लिए हमको उनकी सहायता के लिए उनके सुंदर उद्यान को सुरम्य...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको भगवान का प्यार पाने के लिए, भगवान का अनुग्रह पाने के लिए भगवान की सहायता माने के लिए, भगवान की ...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको असलियत समझनी पगी। असलियत कड़वी है तो रहे, भक्ति का विज्ञान आपको जानना चाहिए। भक्ति का विज्ञान ह...
- क्या करना पड़ेगा?...? अब मैंने आपको इसलिए बुलाया है कि हमको आपकी आवश्यकता आ पड़ी है। हम तीस साल से कुटुम्ब बनाकर रह रहे थे ...
- क्या करना पड़ेगा?...? उसके लिए दैवी संस्कृति की सभ्यता की स्थापना करनी पड़ेगी, ताकि लोगों के भीतर से उमंगें, लोगों के भीतर...
- क्या करना पड़ेगा आपको?...? आपको यह करना पड़ेगा कि ‘नात्मानमवसादयेत्’ अपने आपको गिराओ मत, अपने आपको उठाओ। अपने आपको उठाओ। आप ही अ...
- क्या करना पड़ेगा इसके लिए?...? इसका नाम प्रज्ञायोग रखा है, हमने क्योंकि इसमें कई चीजें शुमार हैं। इसलिए प्रज्ञायोग, योग की साधना हम...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको ये करना पड़ेगा कि क्रिया के साथ-साथ में शिक्षाएँ और प्रेरणाएँ आपको समझनी चाहिए और समझनी ही नहीं ...
- क्या करना पड़ेगा?...? करना हमको वह पड़ेगा और वही महत्त्वपूर्ण काम है, जो स्वामी केशवानन्द करने में समर्थ हुए थे। अगर स्वामी...
- क्या करना पड़ेगा?...? उसके लिए दैवी संस्कृति की सभ्यता की स्थापना करनी पड़ेगी, ताकि लोगों के भीतर से उमंगें, जोश, जीवट, एक-...
- क्या करना पड़ेगा?...? नई-नई चीजें माँगने की अपेक्षा, नई-नई ख्वाहिशें, नई-नई फरमाइशें करने की अपेक्षा हमारे सामने जो चीजें ...
- क्या करना पड़ेगा?...? आप अपनी मर्जी से कुएँ में गिरिए और डुबकी लगाइये और मुझे खींचकर ले जाइये। मित्रो! काँटा से काँटा निकल...
- क्या करना पड़ेगा?...? बेटे, एक काम करना पड़ेगा और वह है- दिलेरी। दिलेरी के अलावा और किसी भी बात की जरूरत नहीं है आपको। ज्...
- क्या करना पड़ेगा?...? इसमें एक ही काम करना पड़ता है और वह है अपने व्यक्तित्व का विकास। नहीं साहब! देवी को प्रसन्न करने ...
- क्या करना पड़ेगा?...? आप इस बारे में ध्यान रखें। अगर आप यह ध्यान रखेंगे, तो मैं समझूँगा कि आपने योगाभ्यास और वह क्रिया-क...
- क्या करना पड़ेगा?...? हमको वही करना पड़ेगा, जो ऋषियों ने, सन्तों ने, महात्माओं ने, ब्राह्मणों ने हमेशा से किया है। उन्हें ...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको तीर्थयात्राओं के लिए जाना पड़ेगा। जिस गाँव में आप पहुँचेंगे, जिस गाँव में आप बिगुल बजायेंगे, ज...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको तेल का ध्यान रखना पड़ेगा। इसका आप ध्यान रखिये। अपना तपस्वी जीवन शुरू कीजिए। चमड़ी का तप नहीं, मान...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको देवताओं की कंपनी में भर्ती होना पड़ेगा। अगर आप देवताओं की कंपनी में भर्ती हो जायें, ...
- क्या करना पड़ेगा?...? अब मैंने आपको इसलिए बुलाया है क हमको आपकी आवश्यकता आ पड़ी है। हम तीस साल से कुटुम्ब बनाकर रह रहे थे ...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको ये करना पड़ेगा कि क्रिया के साथ-साथ में शिक्षाएँ और प्रेरणाएँ आपको समझनी चाहिए और समझनी ही नहीं ...
- क्या करना पड़ेगा?...? एक ही करना पड़ेगा, आप उसको सौंप दीजिये, अपने आप को उसके हाथ की कठपुतली बना लीजिये, तब देखिये भगवान क्...
- क्या करना पड़ेगा?...? मैं चाहता हूँ कि आप में से प्रत्येक व्यक्ति ईश्वर की साझेदारी शुरू करे। जैसे मैंने अपने गुरु की साझे...
- क्या करना पड़ेगा?...? जलता हुआ दीपक जहाँ भी जाएगा, वहाँ प्रकाश पैदा करेगा। जिसके पास व्यक्तित्व है, ऐसा व्यक्तित्व सम्पन्न ...
- क्या करना पड़ेगा?...? आज के जमाने में सिर्फ एक काम करना पड़ेगा कि हमको जन जन के पास जाकर के उनकी बेअकली को दूर करना पड़ेगा। ...
- क्या करना पड़ेगा?...? भारतीय सभ्यता और संस्कृति को जिन्दा रखने के लिए बुद्ध ने जो कदम उठाए उसने अपने-अपने मित्रों और शिष्यो...
- क्या करना पड़ेगा?...? आपको ये करना पड़ेगा कि क्रिया के साथ-साथ में शिक्षाएँ और प्रेरणाएँ आपको समझनी चाहिए और समझनी ही नहीं ...
- क्या करना पड़ेगा?...? करना हमको वह पड़ेगा और वही महत्त्वपूर्ण काम है, जो स्वामी केशवानन्द करने में समर्थ हुए थे। अगर स्वामी...
- क्या करना है हमें?...? हमें सूरज को, चन्द्रमा को धरती पर लाना है, जिससे इनसान निहाल हो जाए। आपने वैभव-विलास की जेल में बहुत...
- क्या करना है?...? सवेरे उठना चाहिए, नहाना चाहिए, पूजा करनी चाहिए, हवन करना चाहिए। ये क्रियाएँ हैं और जनता में क्या करा...
- क्या करना है?...? अभी यह बात स्पष्ट नहीं थी। बात, सिर कटाने की थी, सो घर से परमीशन की आवश्यकता नहीं लेने वाले केवल आठ ...
- क्या करना है?...? सवेरे उठना चाहिए, नहाना चाहिए, पूजा करनी चाहिए हवन करना चाहिए। ये क्रियाएँ हैं और जनता में क्या करान...
- क्या करना होगा?...? इसके लिए अनेक बार बताया जा चुका है कि इस अवधि को गृहस्थ ब्राह्मणों और विरक्त सन्तों की तरह लोक मानस क...
- क्या करना होगा?...? (आपको) उसके साथ में जुड़ जाना होगा। जुड़ जाने को ही उपासना कहते हैं। उपासना का मतलब है—जुड़ जाना। पास ब...
- क्या करना होगा?...? आपको भगवान के साथ जुड़ जाना होगा। जुड़ जाने को ही उपासना कहते हैं। उपासना का मतलब ही है-जुड़ जाना-पास ...
- क्या करा लिया?...? गुरु ने हम पर शक्तिपात किया। शक्तिपात करने का मतलब ये होता है कि उनने हमें एक ऐसी ताकत दी कि अब तक ज...
- क्या करूँ इसके लिए, क्या कर डालूँ इसके लिए?...? अगर उच्च कोटि के ज्ञान, विचारधारा हमारे घर में रही होती, तो स्वर्ग हमारे पास आता और हमको स्वर्ग के ल...
- क्या करूँ फिर?...? माला बैठकर किया कर। ॐ हिरनाय नमः, ॐ हिरनाय नमः तो क्या हो जाएगा? सारे-के हिरन इकट्ठे होकर हाथ जोड़कर ...
- क्या करूँ बेटा?...? तू आँख से पट्टी खोल और मेरे शरीर को एक बार देख ले, तो न जाने मैं कैसा हो जाऊँगा। फिर मैं मारा नहीं ज...
- क्या करें इनके हाथ चूमें कि इनके पाँव चूमें?...? क्या करें समझ नहीं आता? ऐसे शानदार बच्चे हैं। उन्होंने कैसे अच्छे बच्चे पैदा किए हैं। तब तो बेटे, हम...
- क्या करें बेटे?...? पचास साल जिसके साथ में गुजारे, उसे हम कैसे भुला सकते हैं? वह नहीं भुलाया जा सकता, लेकिन फिर भी मैं भ...
- क्या करें वहाँ जा कर के?...? क्या करें?
सैरगाहों में क्या करेंगे?...
- क्या करें वहाँ जा करके?...? सैरगाहों में क्या करेंगे जा करके?? सैरगाहों में कितने आदमी आते हैं! आपने देखे होंगे? विदेशों में भी ...
- क्या करें समझ नहीं आता?...? ऐसे शानदार बच्चे हैं। उन्होंने कैसे अच्छे बच्चे पैदा किए हैं। तब तो बेटे, हमारी भी शान है और आपकी भी...
- क्या करें, क्या न करें?...? कुछ सूझ नहीं पड़ता। कमजोर प्रकृति के मनुष्य प्रायः ऐसे अवसरों पर ‘ना’ नहीं कह पाते और इच्छा न रहते हु...
- क्या करें, क्या न करें?...? कुछ सूझ नहीं पड़ता। कमजोर प्रकृति के मनुष्य प्रायः ऐसे अवसरों पर ‘ना’ नहीं कह पाते और इच्छा न रहते हु...
- क्या करेंगे इनका?...? दैवी सभ्यता का शिक्षण करेंगे और ये दोनों अनीति के विरुद्ध संघर्ष करेंगे। अरे गुरुजी, ये तो छोटे बच्च...
- क्या करेंगे इनका?...? दैवी सभ्यता का शिक्षण करेंगे और ये दोनों अनीति के विरुद्ध संघर्ष करेंगे। अरे गुरुजी, ये तो छोटे बच्च...
- क्या करेंगे इनकी पूजा करके?...? कम्यूनिज्म बहुत कष्टसाध्य है, उसे आप बर्दाश्त नहीं कर सकते। प्रत्येक क्रिया के लिए आपको उचित मूल्य च...
- क्या करेंगे उसका?...? नहीं, महाराज जी! फिर हम आपको दान कर देंगे। नहीं, बेटे! तू हमको मत कर दान। दान से क्या मतलब है? दान स...
- क्या करेंगे भगवान जी फूल खाकर के?...? वे तो चारों ओर घूमते रहते हैं। जहाँ कहीं बगीचा दिखाई पड़ेगा, वहीं जा बैठेंगे और फूल सूँघते रहेंगे। क...
- क्या करेंगे हम इन मुरदा आदमियों का?...? इनसे हमारा कुछ काम नहीं बनेगा। हमको जीवट वाले आदमियों को तलाश करना पड़ेगा। अतः आपको जहाँ कहीं भी जी...
- क्या करेगा इतने मकान का?...? हमारा मकान है, तो हम मकान का कौन सा खर्च बतावें। आपके लिए सारा खर्च बताना मुनासिब नहीं है।
मित्रो!...
- क्या करेगा चन्द्रमा देवता पर जाकर?...? दूसरे देवताओं की तलाश कर ली गयी। शुक्र देवता की तलाश कर ली गयी। मंगल की तलाश कर ली गयी। अब और आगे रॉ...
- क्या करेगा भगवान?...? फूल भगवान को रिश्वत के रूप में देंगे, आप रिश्वत क्या देंगे? फूल जरूरत पड़ेगी भगवान कहीं से भी, कहीं ...
- क्या करेगा हनुमान्?...? बताइये आप। परेशान करते हैं हनुमान् को आप? ऐसा नहीं हो सकता। मनोकामना के लिये पूजा नहीं, बेटे। अगर मन...
- क्या करेगी देवी?...? बालों को खाएगी? नहीं, वह तो रोटी भी नहीं खाती। यदि बाल न चढ़ाएँ तो? तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार...
- क्या करेगी देवी?...? बालों को खाएगी? नहीं, वह तो रोटी भी नहीं खाती। यदि बाल न चढ़ाएँ तो? तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार...
- क्या करेगी देवी?...? बालों को खाएगी? रोटी नहीं खाती? नहीं, बाल खाती है। बाल नहीं खिलाया तो? ये देवी बीमार कर देगी और बच्च...
- क्या कलम आवश्यक है?...? हाँ बहुत आवश्यक है, लेकिन अगर आपका यह ख्याल है कि कलम के माध्यम से आप तुलसीदास बन सकते हैं, कबीरदास ...
- क्या कल्पना करता था?...? यह कि सिर पर जो घड़ा रखा हुआ है, इसके दो पैसे मिलेंगे। उससे मुर्गी का अण्डा लाऊँगा और फिर बच्चा निकाल...
- क्या कष्ट हो गया आपको?...? उन्होंने कहा—यहाँ हमारा धन रखा था और कोई चुरा ले गया। उन्होंने कहा—फिर आपके किस काम आता वो धन? उन्हो...
- क्या कह रही थी?...? यह कह रही थी कि आप गिलास खाली कीजिए, हम हवा ले करके आएँगे और आपके गिलास में भर देंगे। बेटे! हवा ...
- क्या कह रहा हूँ?...? यही कि इसका अधिकार सबको है। अगर आपको इसका चमत्कार प्राप्त करना हो, गायत्री की सिद्धि प्राप्त करनी ...
- क्या कह रहा है?...? इसका क्या अर्थ है? यह भी तुझे मालूम है कि नहीं। नहीं महाराज जी! भगवान को क्या अर्थ मालूम? जो हम कह द...
- क्या कह रहा है?...? इसका क्या अर्थ है? यह भी तुझे मालूम है कि नहीं। नहीं महाराज जी! भगवान को क्या अर्थ मालूम जो हम कह दे...
- क्या कह रहे होंगे?...? क्या कह रहे होंगे - न त्वहं कामये राज्यं, न स्वर्गं नापुनर्भवम। कामये दुःख तप्तानाम, प्राणिनाम आर्तन...
- क्या कह रहे होंगे?...? ‘‘न त्वहं कामये राज्यं न सौख्यं, न पुनर्भवम। कामये दुःखतप्तानां प्राणिनां आर्तनाशनम्।’’ प्राणियों के...
- क्या कहता हूँ मैं इनको?...? इनको मैं सम्पत्तियों कहता हूँ। सम्पत्ति जमीन में गड़ी हुई मिल सकती है, बाप-दादों की उत्तराधिकार में भी ...
- क्या कहता है?...? और क्या करता है? तो पता चलेगा कि वह शरीर के बारे में सोचता है, उसी के सम्बन्ध में सम्भाषण करता है और...
- क्या कहती है तेरी देवी?...? यों कहती हैं कि मैं बाल खाऊँगी, तू बाल यहीं काट। बेटे तू ऐसा भी कर सकता है कि घर पर मुण्डन करा ले और...
- क्या कहते थे?...? ‘‘आयुर्यज्ञेन कल्पताम्, चक्षुर्यज्ञेन कल्पताम्, बाहुर्यज्ञेन कल्पताम्।’’ हमारी भुजाओं ने जीवन भर यज्...
- क्या कहते हैं इसे?...? कुण्डलिनी कहते हैं। गाँधी जी को कुण्डलिनी दिखानी थी। चुप, बेअकल आदमी, कुण्डलिनी दिखानी चाहिए थी। मित...
- क्या कहते हैं?...? जो सौभाग्यशाली हैं, उनके सौभाग्य को चमका देने के लिए निष्ठावानों को, अपने भक्तों को सिर और माथे पर र...
- क्या कहते हैं?...? फूल बरसाते हैं। रामायण में कोई पचास जगह किस्से आते हैं, जब देवताओं ने फूल क्या बरसाते हैं, सहयोग बरस...
- क्या कहते हैं?...? इधर हमारे यहाँ जोंक कहते हैं उसको जो खुजाने से बड़ी मुश्किल से छूट जाती है। खून में ही चिपकी रहती है।...
- क्या कहते हैं?...? जो सौभाग्यशाली हैं, उनके सौभाग्य को चमका देने के लिए, निष्ठावानों को, अपने भक्तों के सिर और माथे पर ...
- क्या कहना चाहते हैं?...? " सारे मुसलमानों ने माना।
मित्रो! वह लेख अपनी अखण्ड ज्योति में भी छपा। जामिया मिलिया में दिया गय...
- क्या कहना चाहिए?...? क्या विचार करना चाहिए?
आपको इन दोनों समय में, आत्मबोध और तत्त्वबोध की साधना करनी चाहिए।
प्रात...
- क्या कहना था?...? हमारे गुरु ने एक काम हमसे करा लिया और मजा आ गया। वे भी धन्य हो गये और हम भी धन्य हुए। हम चाहते थे, व...
- क्या कहना मानें आपका?...? हमारी पड़ोसी से लड़ाई हो जाती है, आँख से वो अन्धा हो जाये। अच्छा! आपके कहने से देवी जी, पड़ोसी को अन्धा क...
- क्या कहना है?...? पिताजी! यह कहना है कि आपकी लँगोटी फट गई है और दूसरी नदी में बह गई है। हाँ बेटी! बह गई है तो आइए, इनस...
- क्या कहना है?...? आइए, आइए अब आपकी सवारी होनी है और आपको ऊपर सामान ढोना है और आपको गाड़ी में चलाया जाना है। ये कौन कहें...
- क्या कहनी है?...? आप करना शुरू कर दें बस। जो कुछ आपने सुना है और जो कुछ आपने पढ़ा है, अब उसको पढ़ने और सुनने से काम चलने...
- क्या कहा उन्होंने?...? राजा परीक्षित ने कहा कि इसका कारण एक है। एक बार हम शिकार खेलने गए और रास्ता भूल गए। हमारे बाकी सारे ...
- क्या कहा उन्होंने?...? राजा परीक्षित ने कहा कि इसका कारण एक है। एक बार हम शिकार खेलने गए और रास्ता भूल गए। हमारे बाकी सारे ...
- क्या कहा था?...? आप हमारे निजी कामों में शरीक हो सकते हैं और जो काम हम कर सकते हैं, उसमें भी आप सहायक बन करके अपना दर...
- क्या कहीं से मोल खरीदा है?...? उन्होंने कहा—"मैंने मोल खरीदा है।" "किससे खरीदा है?" उन्होंने कहा—"मैंने लिया प्रेम तराजू तोल।" अरे,...
- क्या कहें और?...? बस।...
- क्या काबू में नहीं है?...? हनुमान जी से आप चाहते हैं कि हमारा ब्याह-शादी हो जाए और हमारे लड़के के बाल-बच्चे हो जाएँ। एक बार हनु...
- क्या काबू में नहीं है?...? हनुमान जी से आप चाहते हैं कि हमारा ब्याह-शादी हो जाए और हमारे लड़के के बाल-बच्चे हो जाएँ। एक बार हनुम...
- क्या काम कर लूँ मैं?...? एक काम कर अपने आपको मुझे सौंप दे और अपने कषायों को-अपने कल्मषों को, अपने दोषों को, अपनी संकीर्णताओं ...
- क्या काम करता है?...? मैं तो लकड़हारा हूँ और जानवर चराता हूँ और गाँव में रहता हूँ। लकड़ी तोड़ना बन्द कर, मेरे पाँव तो दबा ...
- क्या काम करते हैं?...? दफ्तर में एल.डी.सी-क्लर्क हैं। साहब! फाइलों की लिखा-पढ़ी करनी पड़ती है। सारे रजिस्टर मेन्टेन करने पड़...
- क्या काम करते हैं?...? फूल बरसाते हैं। नहीं साहब! यह बात समझ में नहीं आई। भाई साहब! आप रामायण पढ़ लीजिए। रामायण में पचास जग...
- क्या काम करना पड़ा?...? अरे साहब! हम वहाँ कार्यालय में नौकर हैं। क्या काम करते हैं? दफ्तर में एल.डी.सी-क्लर्क हैं। साहब! फ...
- क्या काम करना पड़ेगा?...? यह हमारा पचहत्तरवाँ वर्ष है। हीरक जयन्ती वर्ष है। इस हीरक जयन्ती वर्ष में हमने अपने प्रत्येक कार्यकर...
- क्या काम करने पड़ेंगे?...? मैंने अब पंचकोश की साधना कराने, उपासना सिखाने का निश्चय किया है। थोड़े दिन पीछे आप देखेंगे कि इसी शि...
- क्या काम करने पड़ेंगे?...? यह काम करने पड़ेंगे कि भगवान ने जब कभी अवतार लिए हैं, ऐसे ही गंदे समय में लिए हैं जिसमें हम और आप ...
- क्या काम करें?...? आप यहाँ से जाने के बाद में तीन काम और जीवन में शामिल कर लीजिये। अब तक तो आपकी जिन्दगी में दो काम शाम...
- क्या काम करें?...? आप उपासना के कर्मकाण्डों को उसके साथ जोड़ दें। किसके साथ? प्राण के साथ।प्राण क्या होता है? चिन्तन। चि...
- क्या काम करेंगे?...? हमने एक बहुत ही शानदार भवानी तलवार निकाली है। ऐसी शानदार योजना दुनिया में आज तक नहीं बनी। क्या बनी...
- क्या काम करेंगे?...? हमने एक बहुत ही शानदार भवानी तलवार निकाली है। ऐसी शानदार योजना दुनिया में आज तक नहीं बनी। क्या बनी ह...
- क्या काम करेंगे?...? हमने एक बहुत ही शानदार भवानी तलवार निकाली है। ऐसी शानदार योजना दुनिया में आज तक नहीं बनीं। क्या बनी ...
- क्या काम शामिल करें?...? व्यक्ति निर्माण, परिवार निर्माण और समाज निर्माण। एक काम आपका है—व्यक्ति निर्माण। अपने आपके निर्माण क...
- क्या काम शामिल करें?...? एक काम आपका है—व्यक्ति निर्माण। अपने आपको निर्माण करने की कसम खाकर जाइये—हम अपने स्वभाव को बदल दें, ...
- क्या कामना है आपकी?...? हमारी कामना है कि यह सारी दुनिया हरे रंग की हो जाए। और रेल, सड़क, खेत, आदमी सब रंगीन हो जाएँ। अच्छा ...
- क्या कामना है आपकी?...? हमारी कामना है कि यह सारी दुनिया हरे रंग की हो जाए और रेल, सड़क, खेत, आदमी सब रंगीन हो जाएँ। अच्छा तो...
- क्या कायर की तरह से जिन्दगी जिएगा?...? बेटे! आज सारा विश्व यह देख रहा है कि कोई है क्या, हमको शीतलता देने वाला? कोई नहीं है, केवल आपका मिशन...
- क्या कारण क्या है?...? पहले की अपेक्षा खाने की वस्तुएँ भी ज्यादा हैं, सामान भी ज्यादा है फिर इस तरह की मुसीबत क्यों आती हैं...
- क्या कारण है कि इस उत्कृष्ट प्रवृत्ति को अधोगामी मोड़ मिला और स्थिति कहाँ की कहाँ जा पहुँची?...? उन दिनों तो धर्म शब्द के अन्तर्गत ही नीति, सदाचार, लोक व्यवहार, स्वास्थ्य, परिवार, अनुशासन, मनोविज...
- क्या कारण है कि गुरुजी के ऊपर गायत्री माता मेहरबान हैं?...? बेटे, गुरुजी ने गायत्री माता के ऊपर अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया है। १५ वर्ष की आयु से लेकर के आज ७...
- क्या कारण है कि गुरुजी के ऊपर गायत्री माता मेहरबान हैं?...? बेटे! गुरुजी ने गायत्री माता के ऊपर अपना सब कुछ न्यौछावर कर दिया है। १५ वर्ष की आयु से लेकर के आज ७५...
- क्या कारण है?...? उन्होंने कहा कि राजा परीक्षित! आप नहीं जानते कि ये कौन थे? आपको नहीं मालूम है, परन्तु हमें मालूम है क...
- क्या कारण है?...? बेटे कोई कारण नहीं है। एक ही कारण है कि आप भगवान के बारे में बिल्कुल नहीं जानते। यदि जानते होते तो...
- क्या कारण है?...? राजा परीक्षित ने कहा कि एक बार मैं जंगल में शिकार खेल रहा था। व्यास जी आये और तालाब में स्नान किया। ...
- क्या कारण है?...? उन्होंने कहा कि राजा परीक्षित! आप नहीं जानते कि ये कौन थे? आपको नहीं मालूम है, परन्तु हमें मालूम है क...
- क्या किया उन्होंने?...? हिन्दुस्तान में वाममार्ग की विचारधारा के नाम पर हिंसाएँ, अनाचार का जो साम्राज्य छाया हुआ था। दुनिय...
- क्या किया जाए?...? एक आदमी आगे बढ़ा और जहाँ बाँध टूट रहा था वहाँ लेट गया। थोड़ी देर में ठंड में उसका शरीर अकड़ गया तो उसे ...
- क्या किया जाना चाहिए और क्या नहीं किया जाना चाहिए कौन सी दिशा गलत है और कौन सही है?...? इसका शिक्षण किया जाए। यह शिक्षण करना मानव जाति की, समाज की सबसे बड़ी सेवा है।साथियो! अपने युग निर्माण...
- क्या किया जाना चाहिए और क्या नहीं किया जाना चाहिए, कौन सी दिशा गलत है और कौन सही है?...? इसका शिक्षण किया जाए? यह शिक्षण करना मानव जाति की, समाज की सबसे बड़ी सेवा है।
साथियो ! अपने य...
- क्या किया जाना चाहिए और क्या नहीं किया जाना चाहिए, कौन सी दिशा गलत है और कौन सही है?...? इसका शिक्षण किया जाए? यह शिक्षण करना मानव जाति की, समाज की सबसे बड़ी सेवा है।साथियो! अपने युगनिर्माण ...
- क्या किया जाय?...? क्या न किया जाय? उसके जी में आया कि तीर्थयात्रा के लिए चलना चाहिए और भगवान् के दर्शन करना चाहिए। ...
- क्या किया जाय?...? इसके निमित्त संकल्प उठना और प्रयत्न बन पड़ना भी आत्मिक क्षेत्र का निर्धारण है। इसीलिये आत्मबल को जीव...
- क्या किया था उन्होंने?...? तप किया था। जितने भी ऋषि हुए हैं, उन्होंने तप किया था। दधीचि, जिन्होंने तप के द्वारा अपनी हड्डियों...
- क्या किया था?...? बिज़नेस किया था। जब ज्ञान नहीं था, अनुभव नहीं था, तो काहे को किया।
नहीं साहब! सारी दुनिया कम...
- क्या किया है आपने?...? क्रिया-कलाप गिनाऊँ आपको? नहीं क्रिया-कलाप नहीं गिनाऊँगा। क्रियाकलाप गिनाऊँगा तो मुझे वहाँ से चलना पड़...
- क्या किया, क्या नहीं किया?...? लोग इसे कोई जादू कहते हैं और चमत्कार, देवता की सिद्धि कहते हैं, मैं कहता हूँ कोई सिद्धि नहीं है।...
- क्या किसी अशिक्षित नारी में यह गुण हो सकते हैं?...? शकुन्तला अशिक्षित रहकर भरत बना सकती थी क्या? गार्गी ने हजारों लोगों का आध्यात्मिक मार्गदर्शन किया, म...
- क्या किसी आदमी के साथ में ठगबाजी करेंगे?...? क्या हम किसी के साथ में चालाकी करेंगे? नहीं करेंगे। तब हमारा हरेक साथ में ऐसा प्रेम भरा हुआ, सहा...
- क्या किसी की तृष्णाएँ पूरी हुईं?...? नहीं। किसी की पूरी नहीं हुईं। एक बार ऐसा हुआ कि हनुमान जी समुद्र लाँघ करके लंका जाने वाले थे। रा...
- क्या किसी ने बिना परिश्रम के कमा ली हैं?...? बिना पुरुषार्थ के कमाई जा सकीं? ना! कमाई नहीं जा सकेंगी। (नी) जब पुरुषार्थ करना पड़ता है उन्नति के लि...
- क्या कीजिएगा इस शरीर को?...? तब इस शरीर की कितनी कीमत उठा पाइएगा? आप इस शरीर को बाजार में ले जाइए और कहिए कि यह आचार्य जी का मरा ...
- क्या कीजिएगा इस शरीर को?...? तब इस शरीर की कितनी कीमत उठा पाइएगा? आप इस शरीर को बाजार में ले जाइए और कहिए कि यह आचार्य जी का मरा ...
- क्या कीमत है?...? दो कौड़ी की। लकड़ी को आप पैर के नीचे पलट दीजिये, तोड़-मोड़ कर फेंक दीजिये, छू लीजिये, इधर से उधर करते रह...
- क्या कीमत है?...? आप अपने आप को उनके हाथों बेच दीजिए और उन्हें अपने हाथों खरीद लीजिए। स्त्री अपने हाथों अपने आप को अपन...
- क्या कीमत है?...? अपने आपको उनके हाथों बेच दीजिए और उन्हें अपने हाथों खरीद लीजिए। स्त्री अपने हाथों अपने को पति को सौं...
- क्या कीमत हो सकती है?...? बेटे, अपने आपके साथ, अपनी कमजोरियों के साथ लड़ाई लड़ना है। वास्तव में हमें किसी ने नहीं गिराया है। हमे...
- क्या कीड़े-मकोड़े क्या मनुष्य?...? सभी तो उसके बालक हैं।...
- क्या कुछ कमी रह जाती है?...? हाँ बेटे! कुछ कमी भी रह जाती है। हम एक होने में पूरी तरह सफल नहीं हो पाते, पर कोशिश करते हैं कि जितन...
- क्या केस है?...? अरे गुरुजी का मुकदमा है। गुरुजी ने ये-ये प्वाइंट्स बताए हैं, जरा बैठकर जरा-सी बात कह दीजिए। इसके ...
- क्या कोई उपाय नहीं है कि जिससे आप द्रौपदी की सहायता कर सकें?...? " उन्होंने कहा—"सिर्फ एक उपाय है— द्रौपदी के किए हुए कोई शुभ कर्म हों, तब हम उनका बदला जरूर चुकाएँगे...
- क्या कोई ऐसा आदमी है जिसकी सारी मनोकामनाएँ पूरी हो गयी हों?...? हाँ बेटे, जमाने में जिनकी मनोकामनाएँ पूरी हो गयी हैं, ऐसे आदमी हैं जिनको कहने का हक है कि हमारी कोई ...
- क्या कोई ऐसा देव होना सम्भव भी है, जो हमारी मनोकामना को पूर्ण करने में समर्थ हो सके?...? जो हमको प्रत्यक्ष फल निश्चित रूप से देने में समर्थ हो सके—निश्चित फल, प्रत्यक्ष फल, तत्काल फल। क्या ...
- क्या कोई ऐसा देव होना सम्भव भी है, जो हमारी मनोकामना को पूर्ण करने में समर्थ हो, सके?...? जो हमको प्रत्यक्ष फल निश्चित रूप से देने मे समर्थ हो सके-निश्चित फल, प्रत्यक्ष फल, तत्काल फल। क्या क...
- क्या कोई ऐसा भी देवता है, जिसके बारे मे यह कहा जा सके कि इनकी पूजा निरर्थक नहीं जा सकती?...? कस्मै देवाय हविषा विधेम। ऐसा देव कौन है?मित्रो! एक देव मेरी समझ में आ गया। यह देवता ऐसा है कि अगर आप...
- क्या कोई ऐसा भी देवता है, जिसके बारे में यह कहा जा सके कि इनकी पूजा निरर्थक नहीं जा सकती?...? "कस्मै देवाय हविषा विधेम"। ऐसा देव कौन है?
मित्रो! एक देव मेरी समझ में आ गया। यह देवता ऐसा है...
- क्या कोई ऐसी संस्था है?...? क्या ऐसा कोई व्यक्तित्व है या ऐसा कोई ऋषि है, सन्त है, जो कि जलती हुई अग्नि पर पानी डाल सके? जलती हु...
- क्या कोई और लाभ उठाएगा या आप उठाएँगे?...? हमें कुछ नहीं मालूम। लेकिन आप कण्ठा बाँध कर जरूर जा रहे हैं। जब दोनों माता-पिता नहीं रहे, वह छोटा सा...
- क्या कोई घरवाली वेश्या है?...? नहीं साहब! हमारे लिए तो सब वेश्याएँ हैं। घरवाली और बाहरवाली हमारी आँखों में तो सब वेश्या समान हैं। इ...
- क्या कोई फर्ज नहीं हैं?...? क्या उनका बदला नहीं चुकाया जाना चाहिए? क्या उन फर्जों से मुक्ति प्राप्त नहीं की जानी चाहिए? मनुष्य...
- क्या कोशिश करें?...? यही तो एक विकल्प है। एक काम यह कीजिए कि अपना जी खोल करके अपने मन की गाँठ को हल्का कर लीजिए, जैसा कोई...
- क्या कोशिश करेंगे?...? आप नेता बनने की कोशिश मत कीजिए, अभिनेता बनने की कोशिश कीजिए। अभिनेता कौन होता है? जैसे फिल्मों में क...
- क्या क्या चीजें होती हैं, जो हाथ से घुमाई जाती हैं?...? बेटे, यह सब मैटेरियल है। जो मैटेरियल या भौतिक चीजें हैं, उनके उपयोग का क्या उद्देश्य होना चाहिए?...
- क्या क्या सामान देता है?...? पिता क्या देता है? पिता बेटे की पढ़ाई के लिए फीस देता है, अपनी कमाई का मकान देता है और तेरी औरत को जे...
- क्या क्रिया हमारे लिये उचित है?...? क्या विचार अनुचित है? लोग क्या कहते हैं? लोगों की बातें हमने सुनना बन्द कर दिया। लोगों की बातें हम न...
- क्या खबर है?...? उसकी बीबी ने पूछा। उसने कहा कि हम हार गए हैं। शायद हमारा कोर्टमार्शल हो। बीबी ने कहा—आप हार गए हैं—य...
- क्या खराब उम्मीद की गारण्टी है कोई?...? जब खराब भविष्य की गारण्टी नहीं है, फिर आप अच्छे भविष्य की कल्पना करने में क्यों संकोच करते हैं? अच्छ...
- क्या खराबी है?...? साहब! शाक में नमक ज्यादा डाल देती है। अच्छा, बड़ी खराब है? हाँ साहब। हमारी वृत्तियाँ ही हैं हमारी शत्...
- क्या खरीदा जा सकता है?...? हाँ भगवान को खरीदा जा सकता है, यदि भक्त में वह भावनाएँ व निष्ठा बीज हो, तो मैं कहूँगी भगवान को खरीदा...
- क्या खाता है?...? वह केवल दूसरों के लिए जिन्दा रहता है, आपको यह सोचना चाहिए तथा अपना जीवनक्रम बदलने का प्रयास करना च...
- क्या खाते हैं वे लोग?...? वही दाल-रोटी खाते हैं। फिर क्या बात है कि वे इतने मोटे हो जाते हैं। वे इतने मजबूत कैसे हो जाते हैं औ...
- क्या खाते हैं वे लोग?...? वही दाल-रोटी खाते हैं। फिर क्या बात है कि वे इतने मोटे हो जाते हैं। वे इतने मजबूत कैसे हो जाते हैं औ...
- क्या खाते हैं वे लोग?...? वही दाल-रोटी खाते हैं। फिर क्या बात है कि वे इतने मोटे हो जाते हैं? वे इतने मजबूत कैसे हो जाते हैं औ...
- क्या खाना चाहता है?...? जलेबी, पकौड़ी, मिर्च का अचार खाना चाहता है। मिर्च क्या होती है? मिट्टी। नींबू क्या होता है? मिट्टी। ...
- क्या खाना चाहता है?...? जलेबी, पकौड़े, मिर्च का अचार खाना चाहता है। मिर्च क्या होती है? मिट्टी। नीबू क्या होता हैं?मिट्टी। जल...
- क्या खाना चाहिए और क्या नहीं खाना चाहिए?...? यह उन्होंने अपनी अकल के हिसाब से तय कर लिया था और जीभ से मना कर दिया था कि आपकी हुकूमत अब नहीं चलेग...
- क्या खाने-पीने के तरीके बदलने हैं?...? नहीं बेटे, यही दाल-रोटी सब खायेंगे चाहे नया युग आ गया तो भी और नहीं आया तो भी। तो फिर क्या बदलेंगे? ...
- क्या खाया है?...? आपने जहर खाया है और वो चीज खाई हैं, जो आपको नहीं खानी चाहिए थीं। आपने जिस तरीके से खाई हैं, उस तरीके...
- क्या खाया है?...? आपने जहर खाया है और वो चीजें खाई हैं जो आपको नहीं खानी चाहिए थीं। आपने जिस तरीके से खाई हैं, उस तरीक...
- क्या खिलाए गए?...? ऐसे पदार्थ खिलाए गए जिससे कि उनके शरीर में नए जीवाणु बनें, नया जीवन आए, टॉनिक टाइप की कुछ चीज़े थीं ऐ...
- क्या खिलाये गये?...? उनको ऐसे पदार्थ खिलाए गये। क्या खिलाये गये? उनको ऐसे पदार्थ खिलाए गये, जिससे उनको शरीर में नये कोषाण...
- क्या खेलती हैं?...? मिठाई बनाएँगे, दावत खिलाएँगे, गुड्डे-गुड़ियों के ब्याह करेंगे। क्या सचमुच गुड्डे-गुड़ियों का ब्याह ह...
- क्या ख्वाब देखा था?...? यह देखा था कि पृथ्वी पर मानव में देवत्व का उदय होगा। उन्होंने कहा था कि जब तक पृथ्वी पर एक भी प्राणी...
- क्या ख्वाब देखे?...? यही कि भगवान्, जो सारी संपदाओं का स्वामी है, उसके प्यार का एक कण और एक किरण हमको भी मिल जाय, तो हम...
- क्या गलतफहमी हो गई है?...? यह कि पूजा के आधार पर हमको यह मिलेगा, पूजा के आधार पर हमको वह मिलेगा। पूजा के आधार पर दानतदारी मिलती...
- क्या गलती हो गयी?...? तूने मुझसे पूछना शुरू कर दिया—विद्या सिखा दीजिए—अमुक विद्या सिखा दीजिए—अमुक रहस्य सिखा दीजिए, अमुक क...
- क्या गा रहा था?...? बड़े-बड़े गंदे फिल्मी गाने गा रहा था। फिर आपने क्या कर दिया? बेटे, हमने सुई घुमा दी। अब कहाँ मिला दिया...
- क्या गाँधी जी मालदार थे, बाप-दादाओं के हिसाब से?...? नहीं, बाप-दादाओं के हिसाब से मालदार नहीं थे। पोरबन्दर के हजार कुण्डीय यज्ञ में मैं गया। वहाँ अपना गा...
- क्या गायत्री मंत्र से मेरा उद्धार हो जाएगा?...? चंडी के मंत्र से उद्धार हो जाएगा या हनुमान जी के मंत्र से उद्धार होगा? बेटे, इसमें बस इतना फर्क है ज...
- क्या गायत्री मंत्र से मेरा उद्धार हो जाएगा?...? चंडी के मंत्र से उद्धार हो जाएगा या हनुमान जी के मंत्र से उद्धार होगा? बेटे, इसमें बस इतना फर्क है ज...
- क्या गायत्री मंत्र से मेरा उद्धार हो जाएगा?...? चंडी के मंत्र के उद्धार हो जाएगा या हनुमान जी के मंत्र से उद्धार होगा? बेटे, इसमें बस इतना फर्क है ज...
- क्या गायत्री माता की उपासना तू उन्हें स्वप्न में देखने के लिए कर रहा है?...? बेटा, तू ऐसा कर गायत्री माता का चित्र ले जा और देख लिया करना। परन्तु स्वप्न में गायत्री माता के दीखन...
- क्या गालियाँ दीं?...? आपको समझ नहीं थी तो फिर आपने हाथ में घी क्यों दे दिया। आप तो बड़े बूढ़े हैं, बुजुर्ग हैं। आपकी अ...
- क्या घटना याद आ गई?...? एक बार सन्त इमरसन के पास एक आदमी आया। वह हट्टा-कट्टा था, जवान था। माँगने लगा, तो उनसे कुछ कहते तो नही...
- क्या चक्कर है?...? वह सूँघकर सब पता लगा लेते थे। खोज करने के अर्थ में सूँघना आता है। यह गन्ध के अर्थ में नहीं आता। नसोर्...
- क्या चक्कर है?...? वह शंकर सब पता लगा लेते थे। खोज करने के अर्थ में सूँघना आता है। यह गन्ध के अर्थ में नहीं आता। नसोर्मे...
- क्या चढ़ाएँगे और कहाँ चढ़ाएँगे?...? चन्दन चढ़ाने से, अक्षत चढ़ाने से, चीज खिलाने से, उसकी प्रशंसा करने से क्या वह प्रसन्न हो जाएगा? बेटे!...
- क्या चढ़ाएँगे और कहाँ चढ़ाएँगे?...? चन्दन चढ़ाने से, अक्षत चढ़ाने से, चीज खिलाने से, उसकी प्रशंसा करने से क्या वह प्रसन्न हो जाएगा? बेटे!...
- क्या चन्द्रमा कोई पत्ती का बना है?...? नहीं गुरुजी। पत्ती का तो नहीं बना है। गोल- मटोल बना है, जैसे गेंद होती है, फुटबाल होती है। यदि फुट...
- क्या चमड़े का व्यवसाय करने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी?...? क्या पूँजी को ऐसे काम करने के लिए मौका-अवसर नहीं है, जिससे कि लोगों के भावों को परिष्कृत किया जाए? क...
- क्या चमड़े का व्यवसाय करने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी?...? क्या पूँजी को ऐसे काम करने के लिए मौका अवसर नहीं है, जिससे कि लोगों के भावी को परिष्कृत किया जाए? क्...
- क्या चमत्कार देखा?...? उन्होंने बालों में से बालू निकाल दी। अच्छा और क्या किया? उन्होंने हाथ की मुट्ठी में से लौंग निकाल दी...
- क्या चमत्कार है?...? देखिए पच्चीस हजार रुपये का सामान था, हमारे घर में, हमने दियासलाई की एक तीली से जला दिया। कमाल है न॥...
- क्या चमत्कार है?...? देखिए पच्चीस हजार रुपये का सामान था, हमारे घर में, हमने दियासलाई की एक तीली से जला दिया। कमाल है न व...
- क्या चमत्कार हैं?...? देखिए पच्चीस हजार रुपए का सामान था हमारे घर में, हमने दियासलाई की एक तीली से जला दिया। कमाल है न। वा...
- क्या चलना चाहिए?...? अगर स्त्री मरे तो मर्द को भी मरना चाहिए। मर्द को भी सती हो जाना चाहिए। महाराज जी! अगर मर्द भाग जाये ...
- क्या चला जाएगा?...? आपका स्वाभिमान चला जाएगा। आप किसी से बिना कीमत चुकाए, अहसान में कोई चीज ले लेते हैं, तो आपका सिर नीच...
- क्या चला जाएगा?...? आपका स्वाभिमान चला जाएगा। आप किसी से बिना कीमत चुकाए, एहसान में कोई चीज ले लेते हैं, तो आपका सिर नीच...
- क्या चाय बागानों में ही लोगों की पूँजी लगती रहेगी?...? क्या वनस्पति तेल बनाने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी? क्या चमड़े का व्यवसाय करने में ही लोगों की प...
- क्या चाय बागानों में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी?...? क्या वनस्पति तेल बनाने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी? क्या चमड़े का व्यवसाय करने में ही लोगों की प...
- क्या चालाकी रहती है?...? ये चालाकी रहती है कि शायद मनोबल से खिंचकर हमारे पास आ जाएँ और भगवान की भक्ति के रास्ते पर लग जाएँ। च...
- क्या चाहते हैं आप?...? बेटा चाहते हैं, मकान और रुपया-पैसा चाहते हैं, और क्या चाहते हैं? बस, ये ही चीजें चाहते हैं। मिट्टी च...
- क्या चाहते हैं आप?...? बेटा चाहते हैं, मकान और रुपया-पैसा चाहते हैं, और क्या चाहते हैं? बस, ये ही चीजें चाहते हैं। मिट्टी च...
- क्या चाहते हैं वह?...? सारे के सारे कार्यकर्ता बताते रहते हैं कि किस चीज की आवश्यकता है, आवश्यकता एक ही चीज की है वो कि अन्...
- क्या चाहते हैं?...? मिट्टी का सम्पर्क, मिट्टी का सहयोग चाहते हैं। हमारी वासनाएँ, तृष्णाएँ भौतिक हैं। क्या चाहते हैं आप? ब...
- क्या चाहते हैं?...? मिट्टी का सम्पर्क मिट्टी का सहयोग चाहते हैं। हमारी वासनाएँ तृष्णाएँ भौतिक हैं। क्या चाहते हैं आप? बेट...
- क्या चीज देंगे?...? देने को तो हमारे पास कुछ है ही नहीं। अच्छा तो आपका मतलब है कि आपके पास पैसा नहीं है, आपको पैसे चाहिए...
- क्या चीज देंगे?...? देने को तो हमारे पास कुछ है ही नहीं। अच्छा तो आपका मतलब है कि आपके पास पैसा नहीं है, आपको पैसा चाहिए...
- क्या चीज देखेगा?...? आपकी आवाज? हाँ, बेटे आवाज भी देखेगा। आपकी हर चीज देखेगा, आपको नंगा करके देखेगा। कैसे नंगा करके? जै...
- क्या चीज नहीं मिलती?...? माँ का दुलार और माँ का दूध नहीं मिलता। आदमी के जो रसायन बच्चे के शरीर में हैं, वही माँ के शरीर में ह...
- क्या चीज फायदे की है और क्या नहीं?...? बढ़िया कपड़ा होता है तो हम कहते हैं, बढ़िया कपड़ा लेंगे, घटिया कपड़ा नहीं लेंगे। सिनेमा का जो अच्छा खेल...
- क्या चीज बिखेरते जाएँगे?...? बेटे! एक गन्दी कहावत है—एक थी छछूँदर। उसने सिर पर चमेली का तेल लगा लिया। चमेली का तेल इसलिए लगाया था ...
- क्या चीज बिखेरते जाएँगे?...? बेटे! एक गन्दी कहावत है-एक थी छछूँदर। उसने सिर पर चमेली का तेल लगा लिया। चमेली का तेल इसलिए लगाया था ...
- क्या चीज मिली उनको?...? कोई चीज नहीं मिली। उनको एक ही चीज मिली ज्ञान।
ज्ञान को आप ग्रहण नहीं कर पाते। सुनते तो हैं आप, ...
- क्या चीज है?...? आज मैं आपको सबका सार बता जाता हूँ। आज तो मैं चला ही जाऊँगा। आप लोगों की सेवा में कल मैं कहाँ आऊँगा? ...
- क्या चीज है?...? ये सब पदार्थ हैं—मैटर हैं, सब जड़ हैं और क्या कर रहा था? काहे से पूजा कर रहा था। गायत्री माता के सामन...
- क्या चीज हो सकती है?...? बेटे! वह है—तपाया जाना। तपाने से क्या बन जाता है? पदार्थ को तपाने से मजबूती भी आ जाती है और क्वालिटी...
- क्या चीजें आती हैं?...? हूक आती है, उमंगें आती हैं प्रकृति में और ढेरों के ढेरों आदमी उसमें लग जाते हैं। नेतृत्व कौन करता है...
- क्या चीजें चाहिए?...? उन्होंने कहा—हमको तीन चीजें आप दे दीजिए, तो हमारा गुजारा हो जाएगा। एक चीज—तकिया। तकिये के बिना हमको ...
- क्या चीजें जुड़ी हुई हैं?...? ये आध्यात्मिकता से जुड़ी हई हैं, आध्यात्मिकता से ताल्लुक रखती हैं। एक ताल्लुक यह रखती है कि आप कमाते...
- क्या चीजें बँटती हैं?...? जो साधारण हैं। अनुदान की गणना साधारण वस्तु में नहीं, असाधारण में होती है। इन्हें ठोक-बजाकर दिये जाते...
- क्या छिपा हुआ पड़ा है?...? अपने यज्ञों में, युग निर्माण योजना के यज्ञों में उसके लिए दो फेफड़ों के तरीके से, दो गुरदों के तरीके...
- क्या छिपी रहती हैं कर्मकाण्ड के पीछे?...? असलियत छिपी रहती है। क्रियाओं के पीछे बेटे, भावना छिपी रहती है। क्रिया के साथ-साथ में भावना का समन्व...
- क्या छिपी हुई है?...? इसके पीछे भगवान की मूर्ति छिपी हुई है। शंकर जी की जब मूर्ति स्थापित की जाती है तो उसमें यह विशेषता ह...
- क्या छिपी हुई है?...? इसके पीछे भगवान की मूर्ति छिपी हुई है। शंकर जी की जब मूर्ति स्थापित की जाती है तो उसमें यह विशेषता ह...
- क्या छोड़नी पड़ेगी?...? कृपणता। कृपणता आप पर हावी हो गई है। न पैसे की कमी है, न रोटी की कमी है। कृपणता को छोड़कर थोड़ा दिल बड़ा...
- क्या जप रहा है?...? ये ‘मरा-मरा’ जप रहा है। ‘राम-राम’ कैसे? और ‘मरा-मरा’ कैसे? राम-राम में और मरा-मरा में देखिये, जब चक्...
- क्या जमीन निगल गई?...? आसमान में चली गई? खिन्न अनुभव करने लगे, असहाय अनुभव करने लगे, अपने को दीन-हीन अनुभव करने लगे। भगवान ...
- क्या जरूरत आ पड़ी?...? ’’ उसने पूछा।
कार्लविन का मन हुआ कह दे कि ‘‘हेट डार्प’’ के लिए भेजूँगी, पर तभी मन में ख्याल आया कि म...
- क्या जरूरत पड़ गई?...? ये जरूरत पड़ गई कि भगवान के कामों के लिए अर्थात लोकहित के लिए, समाज-कल्याण के लिए, जन-जीवन के लिए आपक...
- क्या जल्दी पड़ी हुई है?...? जिस तरीके से जब युद्ध होता है, तो जवान आदमी मारे जाते हैं और स्कूलों से अठारह वर्ष से अधिक उम्र के स...
- क्या जल्दी पड़ी हुई है?...? जिस तरीके से जब युद्ध होता है, तो जवान आदमी मारे जाते हैं और स्कूलों से अठारह वर्ष से अधिक उम्र के स...
- क्या जवाब है?...? बेटे! जवाब यह है कि आपमें से किसी को बीमा कंपनियों के बारे में जानकारी है क्या? बीमा एजेंट के बारे म...
- क्या जामाता क्या पुत्रवधू?...? निकले तो उसी शिक्षा संस्था से हैं, जहाँ उच्छृंखलता का निरन्तर बोलबाला रहता है। यह बच्चे जिस प्रकार क...
- क्या जीवन है?...? कहने को तो सत्तर साल होने को आते हैं, पर असल में हमारे भीतर पाँच आदमी काम करते हैं और पाँच आदमी मि...
- क्या झूठी शेखीखोरी के पीछे कुछ वास्तविकता है?...? यदि नहीं तो सर्व-साधारण के लिए प्राण-घातक बनी हुई चिन्ता से हर गृहस्थ का आधा खून सुखा देने वाली और आ...
- क्या टेक्नीक काम लेते हैं?...? आपरेशन करने हैं। स्टेथोस्कोप काम में लाते हैं। इसके पीछे उनकी फिलॉसफी भी रहती है। उन्होंने एम.बी.बी....
- क्या ट्राई करना?...? हमारा ट्रांसफर करा दीजिए। हमने वहाँ कहा-स्युपरिन्टेंडेंट से। उसने क्या कहा? उसने कहा कि ५०० रुपये दे...
- क्या तत्त्वदृष्टा ऋषियों को साहित्य और व्याकरण के नियम नहीं ज्ञात थे?...? तब इतने श्रेष्ठ साहित्य का सृजन कैसे सम्भव हुआ? विचार करने पर यही तथ्य स्पष्ट होता है कि हमारे पूर्वज...
- क्या तपस्या इसी को कहते हैं?...? तपस्या वह दीपक है, वह अग्नि है जिस प्रकार अग्नि के पास बैठने से गर्मी आती है। चन्दन जहाँ पैदा होता ह...
- क्या तमाशा दिखाना चाहिए था?...? टट्टी के रास्ते में से साँप निकालना चाहिए था और फिर वह सिर पर सवार हो जाता। क्या कहते हैं इसे? कुण्ड...
- क्या तमाशा दिखायें?...? गाँधी जी को तमाशा दिखाना चाहिए था। क्या तमाशा दिखाना चाहिए था? टट्टी के रास्ते में से साँप निकालना च...
- क्या तरीका अख्तियार किया?...? उसने सारे कच्चे चिट्ठे कह सुनाए कि बदमाशी से और बेईमानी से इन्होंने पैसे इकट्ठे किए। हम हर जगह गए, इ...
- क्या तरीका बताएँ?...? कोई ऐसा मंत्र बताइए कि जिससे काली हमारे काबू में आ जाए, देवी हमारे काबू में आ जाए फलानी हमारे काबू म...
- क्या तरीका है?...? तू ऐसा कर, जो भी चीज तुझे खिलानी हो, उसे तू हवन कर दे। हवन करने से वे चीजें हवा में फैलती हुई चली जा...
- क्या तरीका है?...? उन्होंने एक नाव खरीदी और उस पर बैठकर समुद्र के ऊपर चारों ओर घूमते रहे। सबेरे से शाम तक घूमते रहे। मो...
- क्या तरीका हो जाएगा?...? उसका तरीका यह हो जाएगा कि हम गलतियाँ नहीं कर सकते।एक था चोर और एक था उसका बेटा। चोर खेत काटने के लिए...
- क्या तुझे इसीलिए शक्ति दी है?...? रामकृष्ण परमहंस की आँखों ने वहाँ से देखा और कहा कि स्वयं के लिए, अपने लिए, विलासिता के लिए मेरी शक्त...
- क्या तुझे इसीलिए शक्ति दी है?...? रामकृष्ण परमहंस को आँखों ने वहाँ से देखा और कहा कि स्वयं के लिए, अपने लिए, विलासिता के लिए मेरी शक्त...
- क्या तुम इस पाप में मेरा साथ दोगे?...? बेटे ने कहा नहीं पिताजी। यह सुनकर वाल्मीकि की आँखों से अज्ञानता का पर्दा उठ गया। उन्होंने नारदजी के ...
- क्या तुम इस पाप में मेरा साथ दोगे?...? बेटे ने कहा—नहीं पिताजी। यह सुनकर वाल्मीकि की आँखों से अज्ञानता का पर्दा उठ गया। उन्होंने नारदजी के ...
- क्या तुम इसी तरीके से वासना में अपनी जिन्दगी खत्म कर दोगे?...? तुमको भगवान् की भक्ति में लगा जाना चाहिए और जितना हमको प्यार करते हो, उतना ही भगवान् से करो, तो मज...
- क्या तुम इसी तरीके से वासना में अपनी जिन्दगी खत्म कर दोगे?...? तुमको भगवान की भक्ति में लग जाना चाहिए और जितना हमको प्यार करते हो, उतना ही भगवान से करो, तो मजा आ ज...
- क्या तुम उसे सुनने को तैयार हो?...? " तो उन्होंने कहा—"क्या आपको मेरे ऊपर विश्वास नहीं है? इस उपासिका के लिए, इस पुजारिन के लिए जो भी मे...
- क्या तुम उसे सुनने को तैयार हो?...? तो उन्होंने कहा कि क्या आपको मेरे ऊपर विश्वास नहीं है? इस उपासिका के लिए, इस पुजारिन के लिए जो भी मे...
- क्या तुमने उनका पालन किया?...? क्या है मनुष्य जीवन का लक्ष्य?
मित्रो! मनुष्य ने कहा—नहीं। क्यों? उन्होंने कहा—दो आकर्षण ऐसे जब...
- क्या तू अपने जीवन को दीपक जैसा नहीं बना सकता?...? ’’ अखण्ड दीपक मेरा जलता रहा। केवल मैं घी जलाने वाले लोगों में से नहीं हूँ। मैं तेल जलाने वाले लोगों ...
- क्या तूने गलत काम किया है?...? में। न्यायाधीश कोई भी बात पूछते तो वह कहता, में। वकील ने कहा कि साहब यह तो पागल है। यह बात उसने गव...
- क्या तृतीय विश्वयुद्ध होकर ही रहेगा?...?
--पं. श्रीराम शर्मा आचार्यसमग्र मानवता पर इन दिनों ऐसे संकट के बादल छाये हैं जिन्होंने उस सम्भावन...
- क्या तैयारी करनी चाहिए?...? आपको मालूम होना चाहिए कि बड़ी शक्तियाँ, दैवी शक्तियाँ इस कार्य हेतु अपने ढंग से काम करेंगी, परन्तु आप...
- क्या थी रामायण की कथा?...? सुनिए—रामचंद्र जी थे और उनके तीन भाई थे। एक बाप था, जिसने राम को वनवास दे दिया। वे बीबी को लेकर जंगल...
- क्या थी रामायण की कथा?...? सुनिए रामचंद्र जी थे और उनके तीन भाई थे। एक बाप था, जिसने राम को वनवास दे दिया। वे बीबी को लेकर जंगल...
- क्या थीं वे दो चीजें?...? एक तो उन्होंने मेरी कुण्डलिनी शक्ति जगा दी पहले दिन और दूसरा उन्होंने मेरे ऊपर शक्तिपात कर दिया। गुर...
- क्या दवा थी?...? वे चौंसठ पहरी पीपर बनाते थे। चौंसठ पहरी पीपर कैसे बनाई जाती है? इस पीपर-पिप्पली को चौंसठ पहर अर्थात ...
- क्या दवा है भाईसाहब कुनैन कैसी होती है, कितने पैसे की आती है, तैंने खायी है क्या?...? नहीं साहब! खाते नहीं हम। अरे बाबा, मुझे मालूम है नहीं, साहब हम खाते नहीं है। कुनैन से अच्छा हो जाता ...
- क्या दवाई खिलाएँगे, ये तो बहकाने की दवाई हैं?...? हाँ बेटा! ठीक है आपका कहना। दवा वाले अपना गुजारा कर रहे हैं, कैमिस्ट अपना गुजारा कर रहे हैं, कंपाउंड...
- क्या दाम लिया?...? कोई दाम नहीं लिया, वरन् अपने प्यार की वजह से अपने को न्यौछावर कर दिया। माँ तपस्या की मूर्ति होती है ...
- क्या दिक्कत थी?...? बाहर की जिन्दगी से ज्यादा अच्छी थी—नियमित, व्यवस्थित एवं ठीक समय पर हर काम होता था। निश्चिंतता थी। बा...
- क्या दिखा दें?...? आँखों से गुरुजी को दिखा दीजिए। ले देख ले हमको। देख लिया? हाँ साहब! देख लिया। हम तुझे कैसे लगे? अशोक ...
- क्या दिया है?...? एण्टी यूनीवर्स, एण्टी मैटर, एण्टी एटम आदि। ये क्या हैं? बेटे, जैसे हम खड़े हुए हैं, उसी तरह हमारे ...
- क्या दिशा-धाराएँ हैं?...? क्या मनुष्य जाति के लिए आदर्श उपस्थित करते हैं ये? एक अक्षर को आपको समझना हो तो एक अवतार के कथानक के...
- क्या दी थी?...? शक्तिपात किया था। शक्तिपात किसे कहते हैं? शक्तिपात—बेटे, उसे कहते हैं जिसमें उच्चकोटि के विचारों को ...
- क्या दुर्घटना हो गई?...? एक बहुत बड़ा व्यक्तित्व दुनिया में आया और चला गया। वह भटक तो गया, गुमराह तो हो गया, कि उसे कहाँ चलना...
- क्या दूसरे की कोई इच्छा नहीं?...? नहीं साहब! हमारी मनमरजी ही चलेगी। जैसा हम कहेंगे, वैसा ही सबको करना पड़ेगा। सबसे अच्छा किसान है, जो ...
- क्या देखते हैं?...? यह देखते हैं कि काश! इतनी खूबसूरत मेरी माँ होती तो मैं कितना सुंदर लगता। मेरी माँ कुरूप थी, इसलिए मै...
- क्या देखना चाहता है?...? गुरुजी। सब कुछ देखना चाहता हूँ। बेटे, इन आँखों से नहीं देखा जा सकता। इसको देखने कि लिए माइक्रोस्कोप ...
- क्या देखना चाहता है?...? गुरुजी! सब कुछ देखना चाहता हूँ। बेटे, इन आँखों से नहीं देखा जा सकता। इसको देखने के लिए माइक्रोस्कोप ...
- क्या देखेंगे भगवान को?...? आँखों से मिट्टी के अलावा क्या किसी के देखा है भगवान को? देखा किसी ने नहीं है, पर अनुभव किया है। हमने...
- क्या देता है?...? वह ज्ञान देता है, वह सेवाएँ देता है। वह भावनाएँ देता है, वह निष्ठा देता है, वह श्रद्धा देता है। आप भ...
- क्या देती है?...? आदमी को संयम देती है, एक संयम से क्या फायदा होता है? संयम से आदमी का भौतिक जीवन और शारीरिक जीवन बलवा...
- क्या देते थे?...? बेटे! उनके पास एक दवा थी। क्या दवा थी? वे चौंसठ पहरी पीपर बनाते थे। चौंसठ पहरी पीपर कैसे बनाई जाती ह...
- क्या देते हैं?...? चावल, धूपबत्ती, फूल आदि जरा सी चीज देते हैं। कुछ न कुछ देते हैं, दिए बिना कुछ काम नहीं चलता। पूजा मे...
- क्या देना पड़ता है?...? देवता वस्तुएँ नहीं लेते। देवता आपकी भावना को परखते रहते हैं। देवता और सन्त भावना के बिना प्रसन्न नहीं...
- क्या देना है?...? इस शरीर को ख्याति देनी है, यश देना है, अजर-अमर बनाना है। लोगों की निगाहों में इज्जतदार बनाना है, जिस...
- क्या देना है?...? इस शरीर को ख्याति देनी है, यश देना है, अजर अमर बनाना है। लोगों की निगाहों में इज्जतदार बनाना है, जिस...
- क्या देवी के यहाँ लोहे की फैक्टरी खुली होती है?...? देवी क्या लोहे का चाकू बनाती है, बन्दूकें बनाती है? तलवार बनाती है? देवियाँ क्या यही काम करती हैं? तो...
- क्या देवी-देवता फायदा नहीं कराते?...? हाँ बेटे, देवी-देवता फायदा कराते हैं, लेकिन वे देवी-देवता सिद्धान्त होते हैं, आदर्श होते हैं। मनुष्य...
- क्या दो शर्तें हैं?...? साथियो! भगवान् ने, देवताओं ने, ऋषियों ने दुनिया में एक से एक बड़ी मनोकामनाएँ पूरी की हैं, पर उसकी दो...
- क्या दो शर्तें हैं?...? साथियों! भगवान ने, देवताओं ने, ऋषियों ने दुनिया में एक से एक बड़ी मनोकामनाएँ पूरी की हैं, पर उसकी दो...
- क्या दोस्ती करना खराब है?...? अरे बेटे! दोस्ती को मैं खराब कैसे कह सकता हूँ? प्यार को मैं खराब कैसे कहूँगा? मित्रता को मैं खराब कै...
- क्या धनवान, क्या बालक और क्या वृद्ध किसी से भी पूछ देखिये क्या आप जीवन में पूर्ण सन्तुष्ट और प्रसन्न हैं?...? उत्तर अधिकतर नकारात्मक ही मिलेगा। उसका पूरक दूसरा प्रश्न भी कर देखिये— तो क्या आप उसके लिये प्रयत्न ...
- क्या धन्धा है?...? आदमी जो खुशामद करते हैं और चापलूसी करते हैं, भाईसाहब! हम आपका ब्याह करा देंगे, भाईसाहब! हम आपका ये क...
- क्या ध्यान रखता है?...? उसको घसीटता लाता है, पर साथ-साथ में यह भी ध्यान रखता है कि कहीं वह हमारे पास तो नहीं आ गया। वह जब पा...
- क्या ध्यान रखना चाहिए?...? कि हमारा जीवन किस तरीके से ठीक बन सकता है? आपको अपने कर्तव्यों पे ध्यान देना चाहिए। आपको अपने ज्ञान ...
- क्या ध्यान रखना चाहिए?...? कि हमारा जीवन किस तरीके से ठीक बन सकता है? आपको अपने कर्तव्यों पर ध्यान देना चाहिए। आपको अपने ज्ञान ...
- क्या न करें?...? आप अच्छे बनें। समाज सेवा करने से पहले यह आवश्यक है कि हम उसकी सेवा के लायक हथियार तो अपने आप को बना ...
- क्या न करें?...? आप अच्छे बने। समाज-सेवा करने से पहले यह आवश्यक है कि हम समाज-सेवा के लायक हथियार तो अपने आप को बना ल...
- क्या न किया जाय?...? उसके जी में आया कि तीर्थयात्रा के लिए चलना चाहिए और भगवान् के दर्शन करना चाहिए। उसकी स्त्री केशिका...
- क्या न भुलाएँ?...? ये मत भुलाइए कि आपको अपने सूराखों को बन्द करना है, (अपनेआ) अपने छिद्रों को रोकथाम करनी है, अपनी मलीन...
- क्या न भुलाएँ?...? ये मत भुलाइए कि आपको अपने सूराखों को बन्द करना है, अपने छिद्रों की रोकथाम करनी है, अपनी मलीनताओं और ...
- क्या नतीजा हुआ?...? ज्यादा विस्तार से नहीं बताना चाहता हूँ, किन्तु इसका छोटा-सा स्वरूप झाँकी बनाकर आपको बता सकता हूँ। जब ...
- क्या नफा दे देंगे?...? हम आपको ब्याज दे देंगे। ब्याज हमारा रुपया नहीं ! हाँ ब्याज आपका तो नहीं है, पर हम आपको दे देंगे। कौन...
- क्या नफा दे देंगे?...? हम आपको ब्याज दे देंगे। ब्याज हमारा रुपया नहीं! हाँ ब्याज आपका तो नहीं है, पर हम आपको दे देंगे। कौन ...
- क्या नमक, तेल, हल्दी के मामलों की बात, दैनिक घरेलू कार्यों की बात बतलाने हेतु हमने आपको बुलाया है?...? नहीं, मित्रो! इस शिविर का बहुत महत्त्व है। यह हमारा बहुत प्यारा शिविर है।
पारिवारिकता ही होगा...
- क्या नमन करके ही धन्य हो गए?...? नहीं, उससे जो शक्ति गुरुजी ने पाई है, अपने गुरु से शक्ति पाई है, वही शक्ति पाने में हम भी समर्थ होंग...
- क्या नमूना पेश किया?...? उनका बेटा राहुल आया और बोला, पिताजी! हम आपके अंश-वंश से पैदा हुए हैं। हाँ बेटे, तुम हमारे अंश-वंश से...
- क्या नमूना पेश किया?...? उनका बेटा राहुल आया और बोला, पिताजी! हम आपके अंश-वंश से पैदा हुए हैं। हाँ बेटे, तुम हमारे अंश-वंश से...
- क्या नहीं करना चाहिए?...? ये सारी की सारी बातें हम खुली किताब के तरीके से अखण्ड दीपक के नीचे देख लेते हैं। वो दीपक अपना प्रकाश...
- क्या नहीं है?...? हम कुछ नहीं सोंचते। जो मुँह में आता है उल्लम- गल्लम वही हम बकते रहते हैं। यह न बक करके एक- एक शब्द क...
- क्या नाम था उसका?...? सभी बालक एक साथ बोलते हें ‘‘चेतक!’’
प्रशिक्षक- ‘‘बिल्कुल सही उत्तर दिया। कितने मेधावी हैं आप! आपको ४...
- क्या नाम था?...? बाटा। कौन-सा बाटा? जिसका आज करोड़ों रुपये का जूते का बिजनेस चलता है। जब लड़का बड़ा हुआ, तो लोगों ने ...
- क्या नाम थे साइक्लोनों के?...? इनमें से एक साइक्लोन का नाम था गाँधी, एक का नाम था मालवीय, एक नाम था जवाहार लाल नेहरू , एक का नाम था...
- क्या नाम दिया गया है?...? उसका नाम दिया गया है पुरोहित। पुरोहित किसे कहते हैं? पुरोहित उसे कहते हैं, जो मार्ग दिखाता है, रास्त...
- क्या नाम दिया गया है?...? उसका नाम दिया गया है पुरोहित। पुरोहित किसे कहते हैं? पुरोहित उसे कहते हैं, जो मार्ग दिखाता है, रास्त...
- क्या नाम बताया?...? स्ट्रेप्टोमाइसिन। स्ट्रेप्टोमाइसिन के इंजेक्शन लगाने पड़ेंगे। आपने कान से सुन लिया। कौन-सी दवा? स्ट्...
- क्या नाम रखा?...? ‘ब्राह्मण’ शब्द मैंने काट दिया और नाम रखा—‘‘गायत्री ही कामधेनु है।’’ ब्राह्मण शब्द क्यों काट दिया? इ...
- क्या नाम है उसका?...? ईश्वर, परमात्मा। परमात्मा किसे कहते हैं? आत्मा जब परम हो जाती है, शुद्ध हो जाती है, निर्मल हो जाती...
- क्या नाम है?...? हम हैं। कौन हम, नाम क्यों नहीं बताते? टेलीफोन में नाम पूछना पड़ता है, तब बताते हैं। फोन चिड़िया की त...
- क्या नाम है?...? बृहस्पति। बृहस्पति! हाय! हाय!! बृहस्पति बैठा हुआ है। ब्याह करेगा। तो मार डालेगा। तेरी बेटी को खा जाय...
- क्या नारी ऐसी होती है?...? नहीं ऐसी नहीं होती। वह कौन-सी नारी होती है, जिसे हम कामिनी, डाकिनी, रमणी आदि कहते हैं। बेटे यह हमारे...
- क्या निकलते हैं?...? ‘आदर्श’ और सिद्धान्त निकलते हैं। जब भी भगवान मिलेगा मनुष्य के भीतर ही मिलेगा। उसके भीतर ऐसा कम्पन, ऐ...
- क्या निर्देश है?...? जो दिशाधारा तय कर दी, वे उसी पर अटूट विश्वास, अटूट निष्ठा के साथ इतनी लम्बी अवधि तक इतना लम्बा जीवन ...
- क्या निर्धारण करता है?...? ‘‘वयं राष्ट्रे जागृयाम पुरोहिताः।’’ हम पुरोहित अर्थात् हम ब्राह्मण, हम सन्त, हम ऋषि यह उत्तरदायित्व...
- क्या निवृत्त हो जाएँगे?...? क्या समाज का उत्तरदायित्व नहीं है आपके ऊपर? देश का उत्तरदायित्व नहीं है? नहीं साहब! अभी तो बेटी की श...
- क्या नुकसान किया है?...? आदमी को परावलम्बी बना दिया है। परावलम्बन माने दूसरों की तरफ मुँह ताकने वाला, दूसरों से अपेक्षाएँ करन...
- क्या नुकसान किया है?...? आदमी को परावलम्बी बना दिया है। परावलम्बन माने दूसरों की तरफ मुँह ताकने वाला, दूसरों से अपेक्षाएँ करन...
- क्या नुकसान में रहे आप बताइए?...? किसी एक का नाम तो बताइए।गाँधीजी ने वकालत की होती तो वकालत में कितना कमा लेते? लेकिन जब उन्होंने अपना...
- क्या नुकसान में रहे?...? आप बताइये न। किसी एक का नाम बताइए। गाँधी जी ने वकालत की होती तो वकालत में कितना कमा लेते? लेकिन जब उ...
- क्या नुकसान हो जाएगा?...? जैसे ही चीज मिलेगी उससे ज्यादा कीमती चीज हाथ से चली जाएगी। क्या चला जाएगा? आपका स्वाभिमान चला जाएगा।...
- क्या नुकसान हो जाएगा?...? जैसे ही चीज मिलेगी उससे ज्यादा कीमती चीज हाथ से चली जाएगी। क्या चला जाएगा? आपका स्वाभिमान चला जाएगा।...
- क्या नौकरी है?...? आप बचत खाता खोलिए और रोजाना आठ आना जमा कीजिए। भाई साहब! बैंक में जमा हुआ यह पैसा बुढ़ापे में काम दे ...
- क्या न्यूनतम रखना चाहते हैं?...? यह रखना चाहते हैं कि घर का प्रत्येक व्यक्ति भोजन करने से पहले वह जो चित्र आपने स्थापित किया है, उसको...
- क्या न्यूनतम रखना चाहते हैं?...? यह रखना चाहते हैं कि घर का प्रत्येक व्यक्ति भोजन करने से पहले वह जो चित्र आपने स्थापित किया है, उसको...
- क्या पकड़ लाया?...? ‘ॐ नमः शहदाय् नमः’ शहद आ गया। नहीं महाराज जी! शहद नहीं आया और मक्खी काटने आई और हिरन मारने आए। नहीं,...
- क्या पकड़ लेते हैं?...? हमको तो इसी में मजा आता है। काहे में मजा आता है? डमी (पुतला) के साथ खेलने में। ये क्या लाए हो? शेर। ...
- क्या पकड़ना चाहते थे?...? जंगल में से हाथी पकड़ना चाहते थे, बेचेंगे तो हाथी पकड़कर लाइए न? हाथी पकड़ने में तो बड़ा भारी पसीना आता ...
- क्या पता चलाना पड़ेगा कि इसके पीछे प्रेरणा क्या है?...? शिक्षा क्या है? स्थूल शरीर से आप प्रतीकों का पूजन करेंगे, चावल चढ़ाएँ हाथ जोड़ें, नमस्कार करें, माला...
- क्या पता चलाना पड़ेगा कि इसके पीछे प्रेरणा क्या है?...? शिक्षा क्या है? स्थूल शरीर से आप प्रतीकों का पूजन करेंगे, चावल चढ़ाएँ, हाथ जोड़ें, नमस्कार करें, माला ...
- क्या पता, ताकत बन्दूक की नली से निकलती होगी?...? लेकिन जिसको हम आध्यात्मिक ताकत कहते हैं, उस आध्यात्मिकता की शक्ति को यदि आप स्वीकार करते हों तो मैं ...
- क्या पत्थर की देवी भक्ति और शक्ति दे सकती है?...? यह तो विवेकानन्द की उस देवी के प्रति श्रद्धा थी, जिसके द्वारा उन्हें उनकी भक्ति और शक्ति मिल गई और व...
- क्या पल्ले पड़ा, जरा बताना?...? कुछ भी नहीं पड़ा। इतनी तपश्चर्या भी की, भगवान का तप भी खरच कराया और वरदान भी लिया, सो भी क्या लिया, ...
- क्या पहचान है?...? ये पहचान है कि वे माँगते रहते हैं। माँगता हो तो आप क्या कहेंगे उसको? चाहे बड़ी उम्र का भी हो जाए तो ...
- क्या पाँच सो आदमी हमारा इंटरव्यू ले रहे हैं?...? गुरुजी को कैसे बोलना आता है? उनकी नाक कैसी है? उनके बाल कैसे हैं? हर आदमी की आँख हमारे ऊपर लगी हुई...
- क्या पाठ याद कराते हैं?...? राम-राम, भगवान का नाम, गायत्री मंत्र। गायत्री मंत्र याद हो जाए, तो हमारा उद्धार हो जाए।इतना याद हो ज...
- क्या पाया भस्मासुर ने?...? भस्मासुर ने अगर आपके मोम्बासा में आ करके एक केंटीन खोल ली होती और उसमें पचास पैसे का नारियल बेचने ...
- क्या पीट रहे हो?...? मिट्टी की हाँडी पीट रहे हैं। क्या मामला है? क्यों पीटते हैं आप? इसलिए पीटते हैं कि अगर कहीं हाँडी टू...
- क्या पूँजी को ऐसे काम करने के लिए मौका अवसर नहीं है, जिससे कि लोगों के भावी को परिष्कृत किया जाए?...? क्या पूँजी सस्ता साहित्य प्रकाशित करने में नहीं लगाई जा सकती। ईसाइयों की बाइबिल जिस तरह से सस्ते में...
- क्या पूँजी को ऐसे काम करने के लिए मौका-अवसर नहीं है, जिससे कि लोगों के भावों को परिष्कृत किया जाए?...? क्या पूँजी सस्ता साहित्य प्रकाशित करने में नहीं लगाई जा सकती। ईसाइयों की बाइबिल जिस तरह से सस्ते में...
- क्या पूछ करके आना?...? यह पूछकर के आना कि तूने खाना खाने के लिए नौकर रखा है कि नहीं रखा है? बेटी खाना खाएगी, तो मुँह चलाएगी...
- क्या पूछ करके आना?...? यह पूछकर आना तूने खाना खाने के लिए नौकर रखा है कि नहीं रखा है? बेटी खाना खाएगी, तो मुँह चलाएगी। इससे...
- क्या पूछना है?...? आपस में राजी-खुशी पूछो। एक-दूसरे के दुःख-दरद में काम न आएँगे, तो और कौन आएगा। मैं तो यहाँ बैठी रहती ...
- क्या पूजा-उपासना थी, आप बताइये?...? कोई अनुष्ठान, जप, तप, ध्यान, धारणा, समाधि—दैनिक जीवन में कुछ भी नहीं था। भगवान की आज्ञा है, जैसा कि ...
- क्या पोस्ट है आपकी?...? लेक्चरर। आप क्या काम करते हैं? अरे साहब! लेक्चर झाड़ने का पैसा कमाते हैं। धत् तेरे की? और कुछ काम कर...
- क्या पोस्ट है आपकी?...? लेक्चरर। आप क्या काम करते हैं? अरे साहब! लेक्चर झाड़ने का पैसा कमाते हैं। धत तेरे की? और कुछ काम करते...
- क्या पौरुष अपनी भूमिका भुला देगा?...? नहीं, जहाँ पुरुषार्थ जिन्दा है, वहाँ इस दिशा में तुरन्त सक्रियता दिखाई देगी।
महिलाओं में से अनेकों...
- क्या प्रयत्न हो?...? इसके लिए लोक नायकों की संख्या ही नहीं, स्तर भी इतना ऊँचा उठाया जाना चाहिए कि लोक मानस उसका अनुगमन ...
- क्या प्रसन्न करता है क्या?...? क्या प्रसन्न करेगा उस माँ को? माँ तो प्रसन्न है, लेकिन अपने आपको धोने के लिए और अपनी पात्रता के लिए ...
- क्या प्रसन्न करेगा उस माँ को?...? माँ तो प्रसन्न है, लेकिन अपने आपको धोने के लिए और अपनी पात्रता के लिए 24 लाख के हमको पुरश्चरण करने प...
- क्या प्राचीनकाल में जाति भेद था?...? (६) वर्णभेद की संकीर्ण नीति से देश का क्या अहित हुआ है? (७) हिन्दू समाज की संख्या निरन्तर कम होने का ...
- क्या प्रारम्भ होती हैं?...? ये हैं इन्द्रियों का तप। वाणी के बाद में दूसरे नम्बर की इन्द्रिय का नाम है—कामेन्द्रिय। इन्द्रियाँ द...
- क्या प्रार्थना की गयी है?...? ‘हे भगवान! आप हमारी अकल को ठिकाने पर रखें। यह अकल बड़ी बदमाश है। अकल ने हमारे साथ में जितनी गद्द...
- क्या प्रेरणा है?...? क्या दिशा-धाराएँ हैं? क्या मनुष्य जाति के लिए आदर्श उपस्थित करते हैं ये? एक अक्षर को आपको समझना हो त...
- क्या प्रेरणा है?...? उसके कलेवर के पीछे प्राण कहाँ है? बाहर वाला परिवर्तन वह है, जो हम आपको बता चुके हैं। अब हम उसका प्रा...
- क्या पढ़ा दीजिये?...? अंकगणित पढ़ा दीजिये, रेखागणित पढ़ा दीजिये चुप रह! चुपचाप बैठ जाकर इंतजार कर, पहाड़े याद कर! नहीं हमको त...
- क्या पढ़ाई है?...? हमारे पास है—गिनती। गिनती क्या होती है? गिनती होती हैं ९। तो गिनती थोड़े ही करूँगी अठन्नी में। तो क्य...
- क्या फरक था?...? कुछ भी फरक नहीं था। बेटे, सिर्फ क्वालिटी का फरक था। आपकी क्वालिटी, घटियावाली क्वालिटी है। दरिद्र क्व...
- क्या फर्क था?...? ये लड़का जो पीछे आया था, सेठ जी का जँवाई था। जँवाई क्या होता है? जँवाई उसे कहते हैं जिसके साथ लड़की ...
- क्या फर्क था?...? ये लड़का जो पीछे आया था, सेठ जी का जँवाई था। जँवाई क्या होता है? जँवाई उसे कहते हैं जिसके साथ लड़की क...
- क्या फर्क पड़ गया?...? फर्क यह पड़ गया कि मेरी विचारणाओं, मेरी आकांक्षाओं, मेरी इच्छाओं ने दिशायें बदल दीं। दिशायें बदलक...
- क्या फर्क है?...? बेटे, वही कसौटियाँ हैं, जिससे हम कीड़े-मकोड़े और आदमी में फर्क करते हैं। क्या फर्क है? कीड़े-मकोड़े दो...
- क्या फलाहार करेंगे?...? गेहूँ खायेंगे। गेहूँ की रोटी खायेंगे, और कुछ नहीं खायेंगे। चावल नहीं खायेंगे? एकादशी के दिन चावल क...
- क्या फायदा उठाया?...? कुछ फायदा नहीं उठाया। क्यों फायदा नहीं उठाया? इसलिए फायदा नहीं उठाया, क्योंकि उसने अपने को धोया ...
- क्या फायदा कर लाया?...? कोई फायदा नहीं हुआ।वस्तुतः दर्शन करने, सुनने की चीज नहीं। असल में जो फायदा उठाना चाहते हैं, वह किससे...
- क्या फायदा कर लिया उसने?...? कुछ नहीं कर सका।
मित्रो! इसी तरह हिरण्याक्ष से लेकर हिरण्यकशिपु तक, कंस से लेकर जरासंध तक और ...
- क्या फायदा कर लिया उसने?...? कुछ नहीं कर सका।मित्रो, इसी तरह हिरण्याक्ष से लेकर हिरण्यकशिपु तक, कंस से लेकर जरासन्ध तक और मरीचि स...
- क्या फायदा किया भस्मासुर ने?...? जल कर खाक हो गया। पूजा बेकार गई, भजन बेकार गया, जप बेकार गया, भूखा मरा और मुसीबत उठायी। क्या फायदा...
- क्या फायदा बेटा बाँटने से?...? नहीं महाराज जी! बेटा पैदा कीजिये। नहीं हम नहीं कर सकते। बेटे से कोई फायदा नहीं, बल्कि नुकसान है। ये ...
- क्या फायदा हुआ इससे?...? इससे एक ही फायदा हुआ कि बच्चों की वृत्तियाँ सृजनात्मक कामों में—सृजनात्मक दिशा में लग गईं। अगर अभी स...
- क्या फायदा हुआ?...? यह हमारी बाहर की चमड़े की आँखें कहती हैं कि किसान गलती कर रहा है। लेकिन एक समझदार किसान ही जानता है...
- क्या फायदा हो सकता है?...? आप तो अंदाज नहीं लगा पा रहे हैं, लेकिन हनुमान जी ने लगा लिया था और वह हिम्मत दिखाई थी जो आदर्शों को ...
- क्या फायदा हो सकता है?...? आप तो अन्दाज नहीं लगा पा रहे हैं, लेकिन हनुमान ने लगा लिया था वह हिम्मत दिखाई थी, जो आदर्शों को जीवन...
- क्या फिलॉसफी है?...? आप हर एक को समझाना और अपने जीवन में भी उतारना। क्या अर्थ है इसका? बेटे, इसका अर्थ यह है कि भगवान् सर...
- क्या बड़ा आदमी था?...? उससे आपने क्या पाया था? हाँ, हमने बहुत कुछ पाया था, न जाने आपने प्रभाव की दृष्टि से क्या-क्या पाया, ...
- क्या बता रहा था?...? यही कि- ‘‘आयुः प्राणं प्रजां पशुं कीर्तिं द्रविणं ब्रह्मवर्चसम् मह्यम् दत्वा ब्रजत ब्रह्मलोकम्।’’ ...
- क्या बता सकता हूँ?...? जिन्दा आदमियों के नाम बताऊँगा जिनकी जिन्दगी में कायाकल्प हो गया। शेखावटी का था एक जाट। माँ-बाप गए मर...
- क्या बताना चाहिए था?...? वह बताना चाहिए था, जिस शानदार अध्यात्म के लिए मैंने आपको बुलाया है। जिसके लिए मैं आपको अनुष्ठान करान...
- क्या बताना चाहिए था?...? वह बताना चाहिए था, जिस शानदार अध्यात्म के लिए मैंने आपको बुलाया है। जिसके लिए मैं आपको अनुष्ठान करान...
- क्या बदल दें?...? बूढ़े से जवान हो जायें? नहीं, ये आपके हाथ की बात नहीं। ये शरीर प्रकृति का बनाया हुआ है और प्रकृति उसक...
- क्या बदल दें?...? बूढ़े से जवान हो जाएँगे। आपके हाथ की यह बात नहीं है। ये शरीर प्रकृति का बनाया हुआ है और प्रकृति इसकी ...
- क्या बदल दें?...? बेटे! बहुत-सी चीजें बदलने को हैं; पर मैं तो एक ही चीज बदलने के लिए कहता हूँ। क्या बदलने के लिए कहता ...
- क्या बन रहा है?...? क्या बिगड़ रहा है? इसका ठीक तरह सही स्वरूप देख पाना सर्वसाधारण के लिए सम्भव नहीं। दो पहलवान जब अखाड़...
- क्या बना है?...? अब हमारा आपका सम्पर्क नहीं रहेगा। रहेंगे, तो हम जमीन पर ही, आसमान में थोड़े ही जाएँगे, लेकिन आप लोगो...
- क्या बना रहे हैं?...? अरे साहब! लौह भस्म बना रहे हैं। तो यह लौह भस्म क्या भाव बिकेगी? साहब! यह तो बीस रुपये तोला बिकेगी।...
- क्या बना रहे हो?...? गुरुजी! भगवान जी की नाक जरा-सी लम्बी हो गई है, उसी की काट-छाँट कर रहा हूँ। तो तू भगवान जी की नाक काटे...
- क्या बनाएँगे आप?...? हम अपने लड़के को पी.सी.एस., आई.सी.एस. बनाएँगे। आपके क्या हाथ की बात है? आप अपने कर्तव्य का पालन कीजिए...
- क्या बनाना चाहता है इन्हें?...? नहीं साहब! मैं तो गला दूँगा और खराब कर दूँगा। इन्हें खराब मत कर, वरन हमारे सुपुर्द कर। हम इनको शानदा...
- क्या बनायें उनको?...? एक ही बात बनाइये। उनके अन्दर भलमनसाहत पैदा कीजिए, चरित्र निष्ठा पैदा कीजिए। आदर्श पैदा कीजिए, सत्प्रव...
- क्या बनी है?...? हमने हर दिन पढ़े-लिखे को नियमित रूप से बिना मूल्य युग-साहित्य पढ़ाने की योजना बनायी है। आप पढ़े-लि...
- क्या बनी है?...? हमने हर दिन हर पढ़े-लिखे को नियमित रूप से बिना मूल्य युग साहित्य पढ़ाने की योजना बनाई है। आप पढ़े-लिखे ...
- क्या बनी है?...? हमने हर दिन हर पढ़े-लिखे को नियमित रूप से बिना मूल्य युगसाहित्य पढ़ाने की योजना बनाई है। आप पढ़े-लिखे ल...
- क्या बलिदानी हैं?...? इन्होंने कष्ट उठाया, इन्होंने अमुक काम किए, तमुक काम किए। अच्छे कामों के लिए त्याग करने वाले आदमियों...
- क्या बहरा हो गया है?...? ' इस तरह अपशब्द कहकर बुलाती हैं और पिताजी भी हमेशा घुड़क कर बोलते हैं, तो बच्चे भी अपने संगी-साथियों...
- क्या बात करते हैं?...? सारे दिन भीख माँगते हैं, तो कुछ पैसे इकट्ठे हो जाते हैं और उसी से अपना पेट पाल लेते हैं। आप तो आम बन...
- क्या बात कह रहे हैं?...? बेटे! मैं ऐसे कह रहा हूँ कि एक के पास था—आत्मबल और एक के पास था—बाहुबल। विश्वामित्र ने कहा कि अगर हम...
- क्या बात कहें आपसे?...? मिठाई खिला दीजिए, दावत दे दीजिए। तीर्थयात्रा हो आइए। नहीं, ये बातें हम नहीं कह सकते क्योंकि ये शरीर ...
- क्या बात थी कि 'छह महीने जागूँ और एक दिन सोऊँ' का वरदान न माँग सका?...? अकल खराब थी उसकी। उसके मुँह से निकल गया कि 'छह महीने सोऊँ और एक दिन जागूँ।' वह छला गया। अगर वह नेपो...
- क्या बात थी?...? ढाई सौ ग्राम रुई में से इतना बड़ा लिहाफ कैसे तैयार हो गया? बेटे, इसको धुना गया था। छोटे से आदमी होक...
- क्या बात थी?...? मेरी यह इच्छा सदा से थी कि हम और आप दोनों कदाचित मिल सके होते, तो कितना अच्छा होता। दो तार होते है...
- क्या बात ध्यान रखें?...? आपको ब्राह्मण बनना पड़ेगा। यह ब्राह्मण की कामधेनु है? बिल्कुल बेटे, यह ब्राह्मण की है। ब्राह्मण क...
- क्या बात बिगड़ जाएगी?...? दुनिया में ऐसे भी हैं, जो ज्यादा पढ़े नहीं हैं। आप मैट्रिक पास रहेंगे तो क्या आफत आ जाएगी? नहीं साहब...
- क्या बात बिगड़ जाएगी?...? दुनिया में ऐसे भी हैं, जो ज्यादा पड़े नहीं हैं। आप मैट्रिक पास रहेंगे तो क्या आफत आ जाएगी? नहीं साहब!...
- क्या बात हुई?...? कोई सन्देश नहीं? उनके देवर चिढ़ाने लगे, ‘‘भाभी! भैय्या तो बाबा जी बन गये। चिमटा पकड़ लिया। घर-घर घूमेंग...
- क्या बात है आपने फूल खिला दिया?...? जिन्दगी भर तो हमारे बाप दादाओं ने फूल नहीं देखे थे, यह आपकी व्याख्या है। फूल को पाकर के देवता को प्रस...
- क्या बात है गुरुजी?...? बात तो कुछ नहीं है बेटे, भगवान में एक मस्ती है, भगवान में एक नशा है। सड़क के किनारे एक शराबी पड़ा हुआ ...
- क्या बात है बेटे में?...? बेटा तो हड्डी माँस का है। नहीं महाराज जी! हड्डी माँस का नहीं है। किसका है, जिसके पीछे हमारा प्यार ...
- क्या बात है साहब?...? जरा तबियत ढीली है। बड़े आदमियों को तो जुकाम होना चाहिए। कान्स्टीपेशन न हो, तो बड़े आदमी नहीं हो सकते...
- क्या बात है, जरा बताइए तो सही?...? "
उस ब्राह्मण ने एक बात कही—"आप हैं राजा और मैं हूँ ब्राह्मण। अगर आपका कहना नहीं मानता, आपके यहा...
- क्या बात है?...? आप सिनेमा भी देखते हैं, सिगरेट भी पीते हैं, दिन में छह कप चाय भी पी जाते हैं। आप कौन हैं? आप रिक्शे ...
- क्या बात है?...? कौन हल्ला मचा रहा है? कौन शोर मचा रहा है और हमारी नींद में खलल डाल रहा है?" नारद जी ने कहा—"महाराज ज...
- क्या बात है?...? क्या वे कौम के माली हैं? इनके यहाँ फूलों की खेती होती है? जहाँ कहीं भी शादी होती है, अच्छा काम होता ...
- क्या बात है?...? हम व्यक्ति से परिवार के क्षेत्र में प्रवेश कर रहे हैं। अब आप अकेले जप करें और परिवार वालों को न मालू...
- क्या बात है?...? बेटे, इस सम्बन्ध में आप अपना दिमाग साफ कीजिए। अगर आप अपना दिमाग साफ नहीं करेंगे, तो गायत्री मंत्र का...
- क्या बात है?...? इसमें वह ग्रीस नहीं है। बेटे, इसमें ग्रीस को रहने दें, बुढ़ापे में काम देगी। इसके पीछे क्यों लाठी ल...
- क्या बात है?...? तुम लोग इलाज कराने क्यों नहीं आते? आपरेशन कराने क्यों नहीं आते? अरे साहब! हम क्यों आपरेशन करायें? ...
- क्या बात है?...? हमको कैसे पकड़ लिया? इसलिए पकड़ लिया कि आप रामचंद्र जी से मुलाकात करा दीजिए। बस, उसके बाद में रामचंद्र...
- क्या बात है?...? मेरा तो मन यह कहता है कि अब मैं गहने दूँ ही नहीं। खलीफा ने कहा—वाह! तू बड़ी बेवकूफ औरत है। उस...
- क्या बात है?...? यह उसकी हिम्मत है और कुछ नहीं। उसको फायदा हिम्मत के आधार पर होता है और कोई कारण नहीं है।
यह आध्य...
- क्या बात है?...? तुम्हारी क्या दुश्मनी है? साँड़ों ने कुछ नहीं सुना और लड़ना जारी रखा। स्वामी जी ने हाथ को ऊँचा किया ...
- क्या बात है?...? सब ठीक है और एक हाथ से बीड़ी मसलते जा रहे हैं। कम-से-कम आपको शरम तो आएगी। आप पीले कपड़े पहन करके ज्ञ...
- क्या बात है?...? ’’ बहू ने कहा, ‘‘गुरुजी, मेरी सास बहुत लड़ती है।’’
गुरुजी ने कहा, ‘‘बेटी! मैं तुझे एक मंत्र देता हूँ...
- क्या बात है?...? ’’ मैंने पूरी राम कथा सुनाई। उन्होंने कहा, ‘‘भाई साहब, पूरी धोती लाल हो गई है। ट्रेन तो गोंदिया सुबह...
- क्या बात है?...? वो इतने मोटे कैसे हो जाते हैं, मजबूत कैसे हो जाते हैं और बंगाल वाले कैसे कमजोर रह जाते हैं? वातावरण ...
- क्या बात है?...? आप सिनेमा भी देखते हैं, सिगरेट भी पीते हैं, दिन में छह कप चाय भी पी जाते हैं। आप कौन हैं? आप रिक्शे ...
- क्या बात है?...? बेटे! मौसम अनुकूल होगा तो बात बन जाएगी। हवा अनुकूल होती है तो नावें पीछे से आगे की ओर धकेलती जाती है...
- क्या बात है?...? अपाहिज है? अपंग है? तो आप बच्चे को देंगे? नहीं, हमने अपनी जिन्दगी में दिया ही नहीं। हमारा बाप ढेरों-क...
- क्या बात है?...? क्या माँगता है? उसने कहा—माँ! मैं जरा नौकरी माँगने आया, तो क्या माँगता है? माँ मैं भक्ति माँगता हूँ,...
- क्या बात हो गई?...? टेलीग्राम भी आया व मिश्रा जी भी कह रहे हैं।’’ चर्चा के दौरान मिश्रा जी ने बताया कि शायद गुरुजी आपसे ...
- क्या बातें हैं?...? यही कि सेहत ठीक कर दीजिए। हमको बुखार आता है। हमको पाइल्स की शिकायत है। हमको दमें की शिकायत हो गयी ...
- क्या बादल कभी पक्षपात करते हैं?...? नहीं करते हैं। वह तो सर्वत्र बरसते हैं। जहाँ कहीं भी पात्र मिलता है, वह वहीं पर जल भर देते हैं, जहाँ...
- क्या बादल कभी पक्षपात करते हैं?...? नहीं करते हैं। वह तो सर्वत्र बरसते हैं। जहाँ कहीं भी पात्र मिलता है, वह वहीं पर जल भर देते हैं, जहाँ...
- क्या बाबा आदम के जमाने की बातें करते रहते हैं?...? जिससे न हमारा कोई उद्देश्य पूरा होता है, न कोई शिक्षा मिलती है। गड़े मुरदे उखाड़ने से क्या काम बनता ...
- क्या बाबा आदम के जमाने की बातें करते रहते हैं?...? जिससे न हमारा कोई उद्देश्य पूरा होता है और न कोई शिक्षा मिलती है। गढ़े मुरदे उखाड़ने से क्या काम बनता ...
- क्या बिगड़ रहा है?...? इसका ठीक तरह सही स्वरूप देख पाना सर्वसाधारण के लिए सम्भव नहीं। दो पहलवान जब अखाड़े में लड़ते हैं, तो...
- क्या बिगड़ता है?...? इससे तो यह अच्छा है कि भले लोग कुसंस्कारी लोगों से अलग रहें और आपस में प्रेमभाव रखें, आपस में सहयोग ...
- क्या बिच्छू के जहर का असर उस पर आया?...? नहीं! आदमी भी चन्दन के तरीके से अपने गुणों को बढ़ा सकता है और यह समझ सकता है कि हमने चन्दन चढ़ा करके इ...
- क्या बुरा था, बताइए?...? आरम्भ में हैरानी हुई; पर सन्तोष तो रहा; रावण को सुविधा मिली; पर असन्तोष रहा। हर समय उसकी जीवात्मा धिक्क...
- क्या बुराइयों के साथ संघर्ष नहीं किया जायेगा?...? बुराइयों को मिटाया या उनसे लड़ा नहीं जायेगा? हाँ बेटे, बुराइयों से लड़ा जायेगा, लेकिन बुराइयों से ...
- क्या बेटे ऐसे ही होते हैं?...? नहीं, ऐसे नहीं होते बेटे। श्रवणकुमार के तरीके से बेटे होते हैं और राहुल के तरीके से बेटे होते हैं और...
- क्या बैठ नहीं सकता था?...? माताजी मैं क्यों नहीं बैठा और अगर नहीं बैठा तो आप ही कृपा कर देती। मेरे अन्दर से किसी ने कहा। अमलकुमा...
- क्या भगवान की हैसियत एक मंत्री जैसी भी नहीं है?...? जब आप जप करें तो यह मानकर चलिए कि हम अपनी माता की गोदी में बैठे हैं। माता हमें अपनी छाती से लगा रही ...
- क्या भगवान कृष्ण ने अकेले ही उठाया लिया था?...? नहीं; अकेले नहीं उठाया था, गोप- ग्वाल सबने अपनी- अपनी लाठी का सहयोग किया था। भगवान बुद्ध ने जो धर्म-...
- क्या भगवान के साथ मनुष्य को मिलाया जा सकता है?...? हाँ, बेटे! मिलाया जा सकता है। भगवान के साथ हम उसी तरीके से मिल सकते हैं, जैसे दो चीजें मिल करके एक ह...
- क्या भगवान बुद्ध ने दुनिया पलट दी थी?...? आपने देखा नहीं? उसके साथ ढेरों के ढेरों आदमी जुड़े थे। उनके परिव्राजक नालन्दा और तक्षशिला के विश्वविद...
- क्या भगवान भेज देगा?...? फिर क्यों कहता है कि डॉक्टर बनायेगा? फिर यों कह कि भगवान जो चाहेगा, सो बनायेगा। यह क्या है? कल्प...
- क्या भगवान व्यक्ति के रूप में आते हैं?...? नहीं? भगवान व्यक्ति के रूप में नहीं आते, व्यक्ति उन्हें धारण करते हैं। क्या चीजें आती हैं? हूक आती ह...
- क्या भगवान् अपनी उस खूबसूरत दुनिया को खत्म कर देगा?...? नहीं, उसे जब यह मालूम हुआ कि लोग इस बेहतरीन दुनिया को तबाह करने का प्रयत्न कर रहे हैं और इस दुनिया...
- क्या भगवान् का प्यार पायेगा?...? क्या भगवान् के सामने उसकी इज्जत रह जायेगी? कोई नहीं रह जायेगी। मैं एक इज्जतदार आदमी हूँ अपने भगवान् ...
- क्या भगवान् के सामने उसकी इज्जत रह जायेगी?...? कोई नहीं रह जायेगी। मैं एक इज्जतदार आदमी हूँ अपने भगवान् के सामने। और उसने मेरी इज्जत को रखा है और म...
- क्या भरोसा कि आपमें ये सब दुर्गुण नहीं आ पाएँगे?...? श्रेष्ठ कामों के लिए आप बलिदान नहीं कर पाएँगे। इसलिए आप लोग मनुष्य योनि के अलावा किसी और योनि में हम...
- क्या भाव हो गया?...? चार रुपये किलो तो आजकल दूध आता है। एक रुपये में एक पाव दूध। अगर आपको बाजार में एक पाव दूध लेना हो,...
- क्या भुला दिया?...? मौत को आपने भुला दिया। यह इतनी बड़ी भूल है कि मैं नहीं जानता कि इससे भी बड़ी भूल और कोई हो सकती है? ...
- क्या भून डालना?...? देखो, भड़भूजा भाड़ में जिस तरह से चने डालता है और वे भड़-भड़ करते हैं न? हाँ साहब! करते हैं। बस तू समझ ल...
- क्या भूलने की कोशिश करें?...? एक तो यह भूलने की कोशिश कीजिए कि आप सब लोगों के साथ में गुँथे हुए हैं। कर्तव्यों के साथ गुँथे तो गुँ...
- क्या भेड़ नुकसान में रही?...? आपकी दृष्टि से तो नुकसान में रहनी चाहिए; क्योंकि उसने बिना कीमत के अपनी ऊन दे दी; लेकिन भगवान् की तर...
- क्या मंत्र बताएँ?...? बता तो दिया आपको गायत्री मंत्र। फिर भी नहीं भरा पेट। नहीं साहब! फिर कुछ और कमाल बताइये? इसके बीजमन्त...
- क्या मंत्र है?...? ॐ अग्निमीले पुरोहितं यज्ञस्य देवमृत्विजम्। होतारं रत्नधातमम्॥ यह पहला वाला मंत्र है। इसमें यज्ञ की प...
- क्या मंत्र है?...? ॐ अग्निमीले पुरोहितं यज्ञस्य दैवमृत्विजम्। होतारं रत्नधातमम्। यह पहला वाला मंत्र है। इसमें यज्ञ की प...
- क्या मजाक कर रहे हैं?...? सब गंगा नहाने जाएँगे, तो कैसे काम चलेगा? ये सब स्वर्ग जाएँगे? उन्होंने कहा—हाँ। पार्वती! कहते तो ऐसा...
- क्या मजाल कि गन्दगी हो जाए?...? क्या मजाल कि फैल जाए? उसमें उन दानवों का स्वार्थ था। इन देवताओं का भाव निस्स्वार्थ था।
देवताओं ने...
- क्या मजाल कि गन्दगी हो जाए?...? क्या मजाल कि फैल जाए? उसमें उनका स्वार्थ था। इनका निस्वार्थ था, देवताओं ने सोचा जब अपने मुँह की ओर ह...
- क्या मजाल कि फैल जाए?...? उसमें उन दानवों का स्वार्थ था। इन देवताओं का भाव निस्स्वार्थ था।
देवताओं ने सोचा—जब अपने मुँह की ...
- क्या मजाल कि फैल जाए?...? उसमें उनका स्वार्थ था। इनका निस्वार्थ था, देवताओं ने सोचा जब अपने मुँह की ओर हाथ नहीं जाता तो क्यों ...
- क्या मजाल है कि कौआ उसमें झपट्टा मार दे?...? उसमें उसके बच्चे मौज के साथ बैठे देखते रहते हैं। कोई आदमी सड़क पर से जब निकलता है, तो उस घोंसले को द...
- क्या मजाल है कि कौआ उसमें झपट्टा मार दे?...? उसमें उसके बच्चे मौज के साथ बैठे देखते रहते हैं। कोई आदमी सड़क पर से जब निकलता है, तो उस घोंसले को द...
- क्या मत करना?...? आपको हमने महिलाओं में, लड़कियों में मिला दिया है। हमने हवन-कुण्डों पर हवन करने के लिए लड़कियों को, स...
- क्या मतलब था उसका?...? यह था कि गायत्री कामधेनु है और हर आदमी की हर कामना पूरी कर सकती है। लेकिन यह किसकी करती है? यह ब्र...
- क्या मतलब था?...? हमारा मतलब ये था, सब भार का मतलब ये था कि तीन लड़कियाँ ब्याह लायक हो गई हैं। १५-१५ हजार रुपया चाहिए। ...
- क्या मतलब है आपका प्यार से?...? प्यार से हमारा मतलब यह है कि हम उसका ईमान खराब करना चाहते हैं। और हम उसको बेइज्जत करना चाहते हैं...
- क्या मतलब है आपका?...? अपनी बात क्यों नहीं कहते? अरे कोई बात हो तो बताओ? नहीं, कुछ नहीं। तो चल भाग यहाँ से। बेटे, आपको कहना...
- क्या मतलब है आपका?...? यह मतलब है कि असली रुद्राक्ष की माला है तो शंकर जी प्रसन्न हो सकते हैं और अगर नकली होगी तो नाराज हो ...
- क्या मतलब है आपका?...? मेरा मतलब यह है कि छींक और बिल्ली, दिशाशूल और योगिनी—ये आपके पीछे पड़े हैं। ये हर काम असफल बना देंगे...
- क्या मतलब है आपका?...? यह मतलब है कि असली रुद्राक्ष को माला है तो शंकर जी प्रसन्न हो सकते है और अगर नकली होगी तो नाराज हो स...
- क्या मतलब है आपका?...? अपनी बात क्यों नहीं कहते? अरे कोई बात हो तो बताओ? नहीं कुछ नहीं। तो चल भाग यहाँ से। बेटे, आपको कहना ...
- क्या मतलब है आपका?...? आप पसीना बहाते हैं, समय देते हैं, श्रम करते हैं, संसार में श्रेष्ठ वृत्तियों के सम्वर्द्धन के लिए। नह...
- क्या मतलब है इनका?...? ये कहानी एक आधा घण्टे में समझाई जा सकती है। इसी तरीके से मुसलमान आए उसके बाद दूसरा आया, तीसरा बैठा, च...
- क्या मतलब है इसका?...? बेटे! इसका एक ही मतलब है कि दुनिया के विचार, दुनिया का दृष्टिकोण, दुनिया का चलन, दुनिया की रिवाजें अ...
- क्या मतलब है इसका?...? यह कि डूबने वाले को कोहनी भी मारिए। यह बात विवेकानन्द कह रहे थे। मैंने कहा कि अब से आपकी बात का ध्यान...
- क्या मतलब है इसका?...? बेटे! यहाँ सोने-जागने से मतबल नहीं है। इसका मतलब है—दुनिया की ख्वाहिशें, दुनिया की इच्छाएँ, दुनिया क...
- क्या मतलब है इसका?...? यह कि आदमी की हैसियत उस हिसाब से है जिस हिसाब से आपके बिस्तर की कीमत है, अटैची की कीमत है। आदमी की क...
- क्या मतलब है इसका?...? यह आश्वत्थम प्राहुरव्ययम् अर्थात पीपल का पेड़ है जिसकी टाँगें ऊपर हैं, जड़ेऊपर हैं और उसकी शाखाएँ एव...
- क्या मतलब है इसका?...? इसका मतलब यह है कि हम तपस्वी हैं और कष्ट उठायेंगे। कष्ट उठाने की वजह से जो आपने बचत की है, उसे अच्छे...
- क्या मतलब है इसका?...? यह ‘‘आश्वत्थम् प्राहुरव्ययम्’’ अर्थात पीपल का पेड़ है जिसकी टाँगें ऊपर हैं, जड़ें ऊपर हैं और उसकी शाखा...
- क्या मतलब है?...? मन लगाने से मतलब यह है कि मन भागना नहीं चाहिए और उपासना में लगना चाहिए। महाराज जी, यही तो हमको शिकाय...
- क्या मतलब है?...? कहीं ब्याह-शादी करने से तो नहीं है? नहीं, ब्याह-शादी करने से मतलब नहीं है। जिस तरह नाव से नदी को पार...
- क्या मतलब है?...? पूजा-पाठ का मतलब केवल यह है कि हमारा ध्यान भगवान की तरफ चला जाए। हमको भगवान के साथ जुड़ना है। भगवान ...
- क्या मतलब है?...? हर आदमी की ख्वाहिश है कि हमारी सन्तान होनी चाहिए। आज हर आदमी इतनी तेजी से सन्तान पैदा कर रहा है कि म...
- क्या मतलब है?...? महाराज ने कहा, हमने शिकार मारा था, जो घायल होकर यहाँ छिप गया। कहाँ लिया गया? झाड़ी में। अब हम इस चक्...
- क्या मतलब है?...? मन लगाने से मतलब यह है कि मन भागना नहीं चाहिए और उपासना में लगना चाहिए। महाराज जी, यही तो हमको शिकाय...
- क्या मतलब है?...? जप करने से हमारा मतलब देवपूजन से है। इसमें देवपूजन के साथ आत्मशोधन की दो क्रियाएँ जुड़ी हुई हैं। यह द...
- क्या मतलब हैं?...? बेटे, असंयम का मतलब है—अनात्मतत्त्व। समस्त बीमारियों की जड़ यही है। मित्रो! अध्यात्म उस चीज का ना...
- क्या मतलब होता है देवी के लिए काटने का?...? धर्म होता है? देवी खून पीती है? देवी कभी खून नहीं पी सकती। जो देवी खून पीती हैं वो देवी कैसे हो सकती...
- क्या मतलब होता है?...? बताना तो सही। साहब! यह मतलब होता है कि कोई क्रिया कीजिए और क्रिया करने से चमत्कार पैदा कीजिए। बेटे! ...
- क्या मनुष्य का जीवन बेहतरीन कामों के लिए नहीं मिला है?...? एक छोटा सा विद्यार्थी जिसके माँ-बाप दोनों मर चुके थे, अकेला रह गया था। क्या करना चाहिए? हमारे आपके ज...
- क्या मनुष्य जन्म से खराब और कुसंस्कारी होता है?...? नहीं, अधिकतर संस्कार निर्माण में उसके वातावरण का हाथ भी रहता है। बाल्यकाल में उसे जो कुछ खिलाया पिला...
- क्या मनुष्य जाति के लिए आदर्श उपस्थित करते हैं ये?...? एक अक्षर को आपको समझना हो तो एक अवतार के कथानक के माध्यम से गायत्री का एक अक्षर समझ लेना चाहिए। सारी...
- क्या मनोकामना हो सकती है?...? और कोई मनोकामना नहीं। बस अपनी एक ही मनोकामना है-रुपये और कुछ नहीं? नहीं और कुछ नहीं। बस, रुपया म...
- क्या महाराज जी भूत भी मर सकते हैं?...? हाँ मर सकते हैं। भूत कैसा होता है? भूत के लिये तू सारे संसार में चला जा और इन्क्वायरी करके ला कि क्य...
- क्या माँगता है?...? कोई अच्छी चीज माँगता है। पिताजी! हमको पास करा दीजिए। हमें लेमनचूस ला दीजिए। टॉफी ला दीजिए। गुब्बार...
- क्या माँगता है?...? उसने कहा—माँ! मैं जरा नौकरी माँगने आया, तो क्या माँगता है? माँ मैं भक्ति माँगता हूँ, शक्ति माँगता हू...
- क्या माँगती है?...? मरने का तो वक्त आ गया, नब्बे साल की उम्र होने को आई, अब क्या चाहिए? उसने कहा कि मुझे तो टिपटॉप यौवन ...
- क्या माँगना है?...? दीपक क्यों ले आए? अरे साहब! हम यहाँ अँधेरे में पड़े थे। रास्ता पता नहीं था कि कहाँ, किधर जाएँ, कहाँ ...
- क्या माँगने आए हैं?...? हम माँगने आए आपका समय, आपका श्रम, आपकी श्रद्धा, आपकी भावनाएँ। हम कुछ और माँगने के लिए नहीं आए हैं। प...
- क्या माँगने के लिए आये?...? बच्चे माँगने के लिए आये। उन्होंने कहा— यज्ञ की रक्षा के लिए हमको इनकी बड़ी आवश्यकता है। स्वयं विश्वाम...
- क्या माँगें हैं भगवान की?...? आप अखण्ड ज्योति के सब पाठक हैं और जानते हैं कि प्रज्ञावतार ने क्या माँगा है? प्रज्ञावतार ने यह माँगा...
- क्या मानव जीवन वस्तुतः लक्ष्य विहीन हलचलों के बनने-बिगड़ने वाले संयोगों की परिधि तक ही सीमित है?...? अथवा वह इससे आगे भी कुछ है?इन प्रश्नों के सही उत्तर प्राप्त करने के लिए स्ट्रोम वर्ग ने तत्कालीन विज...
- क्या मानवी चेतना ऋद्धि-सिद्धियों की अधिष्ठात्री भी हो सकती है?...? मनोविज्ञान इस पर कुछ भी प्रकाश नहीं डालता। जबकि समय-समय पर इसकी पुष्टि में प्रमाण अतीन्द्रिय सामर्थ्...
- क्या मामला है कि हम बार-बार मरीज क्यों हो जाते हैं, आप बताइये?...? डॉक्टर कहता है कि आपके भीतर वायरस काम करते हैं, जर्म्स कार्य करते हैं। साहब! वे कितने बड़े होते ह...
- क्या मामला है?...? क्या है, बताइये? रविवार का दिन है। इन्होंने सुबह ही सब इंतजाम कर रखा है। ये लोग वकील, मुंशी आदि बहुत...
- क्या मामला है?...? आप ऐसे क्यों रहते हैं? इसलिए कि सब हमारी शक्ल देखें और कहें कि देखिए, इनकी शक्ल कैसी बढ़िया है।
...
- क्या मामला है?...? अरे साहब! सब पागल आ गए हैं। अब देखिए, मस्ती के जमाने हैं। क्यों साहब! आपके जमाने में क्या हुआ था घर ...
- क्या मामला है?...? तुम सब क्यों रो रहे हो? अरे साहब! हममें से एक आदमी गायब हो गया है। कहाँ गायब हो गया? मेले में गायब...
- क्या मामला है?...? क्यों पीटते हैं आप? इसलिए पीटते हैं कि अगर कहीं हाँडी टूटी हुई तब? दरार हुई तब? अगर दरार हुई तो जरा-...
- क्या मामला है?...? देवता कोई माली हैं? हाँ साहब! देवताओं के यहाँ फूलों की दुकान होती है। देवताओं के यहाँ फूलों के बगीचे...
- क्या मामला है?...? साहब! पहले तो हम फर्स्ट डिवीजन आते थे, फिर थर्ड आए, फिर कंपार्टमेंट में आए और अब फेल होने के आसार है...
- क्या मामला है?...? लक्ष्मी ने अब तक तो तेरा कर्ज चुका दिया होगा? दक्षिणावर्ती शंख ले लो महाराज जी। जरा भी नहीं चुका, वह...
- क्या मालूम पड़ता था?...? क्यों भाईसाहब! आप तो गिरेंगे नहीं, हमको भी बिठा लीजिए। अच्छा, आपको भी बिठा लेते हैं, आइए बैठ जाइये म...
- क्या मिथ्या होते हैं?...? अगर आपकी पात्रता, जिसके लिए बहुत जोर दे रहे हैं, जिसके लिए अनुष्ठान करा रहे हैं, वह यदि विकसित नहीं ...
- क्या मिल गया?...? क्या कमा के लाया? कुछ भी नहीं कमा के लाया गुरुजी! प्रशिक्षण यों ही गँवाया, तो फिर मूरख काहे के लिए क...
- क्या मिलता है आपको?...? ६५० रुपये मिलते हैं। अच्छा तो हम आपको ७५० रुपये दिलाएँगे और जगह दिला देंगे, परन्तु आप तो परिश्रम की क...
- क्या मिलता है आपको?...? ६५० रुपए मिलते हैं। अच्छा तो हम आपको ७५० रुपए दिलाएँगे और जगह दिला देंगे, परन्तु आप तो परिश्रम की क्व...
- क्या मिलता है इन फिल्मों से, क्लबों से आपको?...? इन फिल्मों या क्लबों में क्या रखा है? अरे तू अपने बीबी-बच्चों से बात करना शुरू कर, फिर देख कैसा रहेग...
- क्या मिलता है तुझे?...? साढ़े पाँच सौ रुपया। मैं इसे अकेले खा जाऊँगा। नहीं बेटे, इसे अकेले मत खाना, बाँट कर खाना। मैंने कमाया...
- क्या मिलने वाला है?...? कुछ सफलता नहीं मिलेगी, जब तक कि आप उस काम में अपने को घुला नहीं देंगे। गँवा नहीं देंगे। तन्मय नहीं ह...
- क्या मिलने वाला है?...? वह चीज मिलने वाली है, जिसको हमने गँवा दी। हमने अपना जीवन गँवा दिया; हमने अपने सिद्धान्त गँवा दिये; आ...
- क्या मिला है?...? आदमी को गुण मिले हैं, देवत्व मिला है। सद्गुणों के आधार पर आदमी को विकास करने का मौका मिला है। गुणों ...
- क्या मुकाबला है दोनों का?...? फिर क्या होता चला गया? भगवान श्रीकृष्ण ने कहा कि हम आपको शक्ति की सप्लाई करेंगे, लेकिन हम लड़ेंगे नह...
- क्या मुझे कोई महान बनना है?...? मुझे कोई कमीशन लेना है? कोई मैं एजेण्ट बनूँगा जो मैं उसकी खुशामद करूँगा? मैं उसे देख लूँगा तब पता बत...
- क्या मुझे चोर समझ रक्खा है?...? बेईमान-उचक्का समझ रक्खा है?’’
अब तो कहने वाले भाई की सिट्टी-पिट्टी गुम हो गई थी। फिर भी सफाई के तौर...
- क्या मुसीबत आ गई?...? भस्मासुर को वरदान दे दिया। विष्णु जी ने कहा- शंकर भगवान! आप तो बड़े भोले हो। आप को देखना चाहिए था क...
- क्या मेरी इबादत खुदा करते हैं?...? मेरा ध्यान भगवान करते हैं? मेरा नाम भगवान लेते हैं?उन्होंने कहा-हाँ, आपके नाम का जप भगवान करते हैं।...
- क्या मेहरबानी करें?...? आप इस चोटी को यहाँ से न काटकर गरदन से काट दीजिए। कारण, चोटी की जड़ यहाँ तक आई है। यदि आप इसे यहाँ से ...
- क्या मेहरबानी करें?...? आप इस चोटी को यहाँ से न काटकर गर्दन से काट दीजिए। कारण, चोटी की जड़ यहाँ तक आई है। यदि आप इसे यहाँ से...
- क्या मैं लोभ और मोह के बन्धन में ही बँधा रहूँगा?...? जटायु ने कहा कि मैं कुछ भी नहीं कर सकता। जानता हूँ- रावण बड़ा बलवान है। मैं उसका मुकाबला नहीं कर सक...
- क्या मैं केवल शान्तिकुञ्ज में ही निवास करता हूँ, या कहीं और भी रहता हूँ?...? मैं लगातार सजातियों को खींच रहा हूँ।’’
उस समय हमें लगा कि गुरुदेव का पाँच शरीरों से काम करने का कथन...
- क्या मैं खुले में सोया?...? बरसात मेरे सिर पर गिरी? नहीं, बरसात मेरे सिर पर नहीं गिरी। मैं छाया के नीचे सोया, ठंडक में भी छा...
- क्या मैं नंगा रह गया?...? नहीं, मैं किसी दिन नंगा नहीं रहा। कपड़े मैंने बराबर पहने। क्या मैं खुले में सोया? बरसात मेरे सिर ...
- क्या मैं नहीं बना सकता?...?
‘‘तू मेरा सब काम करेगा, सब काम करेगा, जा! मेरा सब काम तू ही कर आ।’’ अब तो बेचारे चुप हो जाते और चु...
- क्या मैं बच्चा हूँ, जो तू लेने चली आई?...? अगले दिन 27 तारीख को हम लोग वल्लभगढ़ के लिये रवाना हुए। गुरुजी ने मुझे भी अपने साथ ही बिठा लिया। बोले...
- क्या मैं भगवान् के लिए गला?...? अगर गलने का जवाब यह आया कि हाँ, मैं गला, तो व्यक्तिगत जीवन में हरियाली आयेगी। सामाजिक जीवन में ह...
- क्या मैं भी ऐसा बन सकता हूँ?...? " पिता ने कहा—हाँ, तू भी ऐसा बन सकता है। दुनिया का कोई भी एक इनसान जो काम कर सका, वह दुनिया का दूसरा...
- क्या मैं भी ऐसा बन सकता हैं?...? पिता ने कहा—हाँ! तू भी ऐसा बन सकता है। जो काम दुनिया का कोई एक इनसान कर सका, वह दूसरा भी कर सकता है।...
- क्या मैं समाज के लिए गला?...? क्या मैं भगवान् के लिए गला? अगर गलने का जवाब यह आया कि हाँ, मैं गला, तो व्यक्तिगत जीवन में हरियाली...
- क्या मैं साक्षरता विरोधी हूँ?...? नहीं, मैं शिक्षा का विरोधी नहीं हूँ, परन्तु शिक्षा को अपने अन्दर आत्मसात् करने का गुण होना चाहिए। शि...
- क्या मैं सेवा नहीं कर सकती?...? बस, शबरी के मन में आया हाँ, मनुष्य की सेवा करना भगवान की सेवा करना है। वह सबेरे जल्दी उठती और झाड़ू...
- क्या मैं हनुमान जी का कोई कमीशन एजेंट हूँ?...? तो फिर हनुमान जी की बात क्यों कर रहे हैं? अरे भाई! मैं हनुमान जी की बात नहीं कहता, मैं तो अध्यात्म क...
- क्या मैंने ऋषियों की मनोकामना पूरी की?...? हरेक को सताया है, जलाया है, सोने की तरह से तपाया है। फिर तू कहाँ से मनोकामना लेकर आ गया। बेटे! भगवान...
- क्या मैंने ऋषियों की मनोकामनाएँ पूरी की?...? हरेक को सताया है, जलाया है, सोने की तरह से तपाया है। फिर तू कहाँ से मनोकामना लेकर आ गया। बेटे ! भगवा...
- क्या मैंने प्रह्लाद की मनोकामना पूरी की?...? हरिश्चन्द्र और भगीरथ की मनोकामना पूरी की? क्या मैंने ऋषियों की मनोकामनाएँ पूरी की? हरेक को सताया है,...
- क्या मौज-मजा उड़ाने के लिए दीं?...? बेटी-बेटा पैदा करने के लिए और दुनिया भर की बेईमानी करने के लिए हमको जिन्दगी दी? इसके लिए नहीं...
- क्या मौन शिक्षण है?...? देवताओं की शक्ति को विकसित करने के लिए, गायत्री माता का चमत्कार देखने के लिए आप ये सारे-के शिक्षण ही...
- क्या यह कथा रामायण में आपने पढ़ी नहीं है?...? हाँ, आप में से हर एक ने यह कथा पढ़ी होगी। आपने गौर क्यों नहीं किया कि यह तीसरी आँख क्या है? कामदेव ...
- क्या यह आदर्श हम सुधारवादियों के लिए उपयोगी नहीं हो सकता?...? जटिल रोगियों के लिए अस्पताल की उपयोगिता हो सकती है और अत्यन्त बिगड़े हुए लोगों को सुधारगृहों में भी...
- क्या यह उनकी शक्ति थी?...? नहीं बेटे, यह भगवान् श्रीकृष्ण एवं राम के प्रति उनके समर्पण की शक्ति थी, जिसके बल पर वे इतने शक्ति...
- क्या यह उनकी शक्ति थी?...? नहीं बेटे, यह भगवान श्रीकृष्ण एवं राम के प्रति उनके समर्पण की शक्ति थी, जिसके बल पर वे इतने शक्तिशाल...
- क्या यह उसका अपना उपार्जन है?...? गहराई से देखने पर पता चलेगा कि यह बलिष्ठता उसे माता के, पत्नी के, भगिनी के, पुत्री के अजस्र अनुदानों...
- क्या यह ऋषियों की धोखेबाजी है?...? कोई बौद्धिक मायाजाल है? न, ऐसी बात नहीं। अगर आपने ऐसा विचार किया है व आप निराश हो गये हैं कि पूजा-पा...
- क्या यह कोई कायाकल्प है लम्बी जिन्दगी का?...? इसमें जादू है या कोई दवा है। केवल एक ही जादू की जरूरत है और जिसके शिक्षण का नाम है-संयम। अगर आपके जी...
- क्या यह कोई दवा है?...? क्या यह कोई कायाकल्प है लम्बी जिन्दगी का? इसमें जादू है या कोई दवा है। केवल एक ही जादू की जरूरत है और ...
- क्या यह कोई दवा है?...? क्या ये कोई कायाकल्प है? क्या ये कोई ऐसी चीज है जैसी कि अमेरिका में मरा हुआ आदमी किसी नीचे तहखाने मे...
- क्या यह जीवन चौबीस लाख के लिए ही है?...? नहीं, इससे ऊँचा भी कुछ सोचना पड़ेगा; क्योंकि गुरुजी का चिन्तन चल रहा है। आप तो जुड़ जाइए। जुड़ जाएँग...
- क्या यह दुर्गति और दुर्गन्ध से भरी दुर्दशा ही मानव जीवन की नियति है?...? जो हो, पर वास्तविकता यही है कि औसत आदमी इन्हीं परिस्थितियों में स्वेच्छापूर्वक या बाधित होकर रहने के...
- क्या यह बात सही है?...? हाँ! यह बात सही है, यदि गायत्री महामंत्र के स्वरूप को समझा जाए और जीवन में धारण किया जाए तब। गायत्री...
- क्या यह भयंकर समय आयेगा?...? नहीं बेटे, मेरा विश्वास है कि नहीं आयेगा, क्योंकि आदमी बड़ा समझदार है। आदमी बड़ा अकलमन्द है। यह बढ़त...
- क्या यह भारतवर्ष तक सीमित रहेगी?...? सूरज सीमित कहाँ रहता है। सूरज पूरब से निकलता है अवश्य, परन्तु थोड़े ही समय में ऊपर चला जाता है। सारी...
- क्या यह भूखा ही चला जाएगा?...? उन्होंने कहा नहीं, जो अतिथि हमारे यहाँ आया है, वह भूखा क्यों जाना चाहिए? तो क्या करें? उन्हें एक युक...
- क्या यह वही टुकड़ा है?...? हो यह सुनार का कमाल है। सुनार की साधना है। उसने खाबड़-खूबड़ धातु के टुकड़े को कैसी सुंदर अँगूठी बना द...
- क्या यह वही टुकड़ा है?...? हाँ यह सुनार का कमाल है। सुनार की साधना है। उसने खाबड़-खूबड़ धातु के टुकड़े की कैसी सुन्दर अँगूठी बना द...
- क्या यह विडम्बना नहीं है?...? ’’ सन्त के उद्गार वाणी से फूट पड़े।गौर वर्ण के युवक ने महसूस किया कि यह वाक्य-रचना सिर्फ एक साथ गुँथ...
- क्या यह सच है?...? ’’
‘‘हाँ बेटा! जरूर आयेंगी। ये सभी हस्तियाँ स्नान के लिये आयेंगी पर किसी को नजर नहीं आयेंगी। ये सूक...
- क्या यह समय ऐसा ही बना रहेगा?...? नहीं, जिस कलाकार ने इस दुनिया को अपनी सारी कला झोंक करके बनाया है, वह इस दुनिया की तबाही नहीं होने...
- क्या यह समाज की सेवा नहीं है?...? हाँ समाज की सेवा है, अगर अच्छा व्यक्ति अपने बालक के रूप में, अपनी सन्तान के रूप में अपना प्रतिनिधि बन...
- क्या यह सोने का समय है?...? सारे देश में चीत्कार फैली हुई है, जो भयावह है वह आग, इसे मैं आग के सिवाय और कुछ नहीं कहती। इसका निवा...
- क्या यह सोने का समय है?...? सारे देश में, सारे देश में चीत्कार फैली हुई है, जो भयावह है वह आग, इसे मैं आग के सिवाय और कुछ नहीं क...
- क्या यह स्वर्ग से कम है?...? आज आदमी इसी तरीके से विचार करता है।
आध्यात्मिकता की सच्ची कीमत
मित्रो! मैं उस आध्यात्मिकता की ब...
- क्या यह हमारा ज्ञान है?...? नहीं बेटे! यह हमारे गुरु का ज्ञान है। इसका श्रेय हमको मिला है, प्रशंसा हमको मिली है। गुरुजी का नाम...
- क्या यह हो सकता है?...? हाँ! शर्त एक ही है कि आप प्रकाश की ओर चलें, छाया आपके पीछे-पीछे चलेगी। आप तो छाया के पीछे-पीछे भागते...
- क्या यहाँ कोई चोरी करेगा?...? क्यों कोई कहीं डकैती डालेगा? नहीं मित्रो, कोई नहीं करेगा। इनसान के सामने कोई समस्या नहीं रहेगी। उसके...
- क्या यही आपकी दृष्टि है कुटुँब के, परिवार के विकास के प्रति?...? आप उसे दबाकर केवल शरीर का, पसीने का, श्रम का फायदा उठा सकते हैं। बस यही है कर्तव्य और उत्तरदायित्व आ...
- क्या यही दृष्टिकोण है, आपके दाम्पत्य जीवन का?...? क्या यही आपकी दृष्टि है कुटुँब के, परिवार के विकास के प्रति? आप उसे दबाकर केवल शरीर का, पसीने का, श्...
- क्या यही भक्ति है?...? पागल कहीं का।
मित्रो! भक्ति ऐसी नहीं हो सकती। भक्ति का इन भावों से कोई ताल्लुक नहीं है। ये क्...
- क्या यही भक्ति है?...? पागल कहीं का।
मित्रो! भक्ति ऐसी नहीं हो सकती। भक्ति का इन भावों से कोई ताल्लुक नहीं है। ये क्षणिक ...
- क्या यही मनुष्य की बुद्धिमत्ता है?...? सामाजिक कुरीतियों से हिन्दू समाज इतना जर्जर हो रहा है कि इन विकृतियों के कारण जीवनयापन कर सकना भी मध्...
- क्या यही साझेदारी है?...? बेटे, यह साझेदारी नहीं है। तो गुरुजी आप और हम रिश्तेदार हो जाएँ। हाँ, फिर क्या करें? आप अपने तीन साल...
- क्या यही साझेदारी है?...? बेटे, यह साझेदारी नहीं है। तो गुरुजी आप और हम रिश्तेदार हो जाएँ। हाँ फिर क्या करें? आप अपने तीन साल ...
- क्या यहीं तक बात सीमित हो जाएगी?...? नहीं, यहाँ तक सीमित नहीं होनी चाहिए। नित्यप्रति जैसे आप वहाँ से गाड़ी से चले हैं, घर से रवाना हुए है...
- क्या याद करें?...? मरे तेरे का! महाभारत याद कीजिये। लकार याद कीजिये। मरे! मरे! याद कीजिये याद के बिना कोई बात ही नहीं ब...
- क्या ये कोई कायाकल्प है?...? क्या ये कोई ऐसी चीज है जैसी कि अमेरिका में मरा हुआ आदमी किसी नीचे तहखाने में रखा हुआ है, ठण्डक में र...
- क्या ये बातें सही हैं?...? हाँ बेटे! सही हैं।
सिद्धपुरुष कबीर
कबीर क्या करते थे? क्रिया-कृत्य कितना करते थे? जप...
- क्या ये ही भक्त हैं?...? भक्त ऐसे हो सकते हैं? ये ही वैकुंठ में जाएँगे क्या? भोलेनाथ! आपने तो मेरी भी दुर्गति करा दी। यह आपने...
- क्या योग मात्र सर्वांगासन होता है, डीप ब्रीदिंग होता है, हाथ-पैर चला लेना होता है, मेडीटेशन होता है?...? बन्दूक चलाने वाले, मेस्मेरिज्म करने वाले, चिड़िया मारने वालों में, सबमें मेडीटैशन होता है। मेडीटेशन अ...
- क्या योगी की, क्या भोगी की?...? सबको अपना पेट भरना पड़ता है। ठीक है आपने गेहूँ से भर लिया, योगी ने मक्का से भर लिया; पर अन्न तो उसको...
- क्या रँग दें?...? हमारा कोट। कैसा रंग दें? गुलाबी रंग दीजिए। अच्छा ला, कहाँ है कोट? तेल में डूबा हुआ, मैल में डूबा हुआ...
- क्या रँग दें?...? हमारा कोट। कैसा रंग दें? गुलाबी रँग दीजिए। अच्छा ला, कहाँ है कोट? तेल में डूबा हुआ, मैल में डूबा हुआ...
- क्या रखा हुआ है?...? खिलौना और देवी! देवी नहीं है, खिलौना है। अभी यहीं पड़ी हुई है वह पत्थर की मूर्ति एक कोने में—दक्षिणेश...
- क्या रखा है इन बातों में?...? चलो अपना दो पैसा कमाएँगे और मौज करेंगे। भजन-वजन तो ऐसे ही तमाशे की चीज है। इससे क्या फायदा है? बेटे!...
- क्या रह गई है?...? फूल-माला हमने ढेरों मन पहन लिए हैं। अब हमें जेवर पहनने की इच्छा है। हमारे पास ढेरों आदमी हैं। हमार...
- क्या रह गया है?...? श्रेष्ठ काम कीजिए, त्याग कीजिए, बलिदान कीजिए, समाज सेवा कीजिए, अमुक काम कीजिए। पर इनका सफाया किसने क...
- क्या रह गया है?...? श्रेष्ठ काम कीजिए त्याग कीजिए बलिदान कीजिए समाज सेवा कीजिए अमुक काम कीजिए। पर इनका सफाया किसने कर दि...
- क्या रास्ता है आपका?...? हमारा रास्ता है, त्याग और बलिदान का। किसने त्याग और बलिदान के रास्ते पर कदम बढ़ाए? एक लाख शिष्य और सव...
- क्या रास्ता है आपका?...? हमारा रास्ता है, त्याग और बलिदान का। किसने त्याग और बलिदान के रास्ते पर कदम बढ़ाए? एक लाख शिष्य और सव...
- क्या रिवाज है?...? यह रिवाज है कि साठ वर्ष हो जाते हैं तो हीरक जयन्ती मनाई जाती है और ७५ वर्ष जब आदमी के हो जाते हैं ता...
- क्या रिश्तेदारी है आपकी?...? कोई रिश्तेदारी नहीं थी। वे कायस्थ थे और वे ब्राह्मण थे। नहीं साहब! कोई न-कोई जान-पहचान तो जरूर होगी।...
- क्या रुकावट होती है?...? मुझे बताइये न? पैसे की वजह से रुकावट होती है।...
- क्या रैदास तपस्वी नहीं थे?...? हाँ, तपस्वी थे। वे जिन्दगी भर चमड़े का काम करते रहे। अपना पेट पालने के लिए, अपना गुजारा करने के लिए ...
- क्या लंगोटी लगाने वाले भी बादशाह होते हैं?...? हाँ होते हैं।...
- क्या लक्षण है?...? देवता अकेले नहीं खाते। वे मिल-बाँटकर खाते हैं। अगर आपके पास कोई चीज है तो आप मिल-बाँटकर खाइए। ज्ञान ...
- क्या लक्ष्मी जी को अकल नहीं है?...? नहीं साहब! सड़ी सुपारी खिलाएँगे और दीपक जला देंगे और देवी की हजामत बना देंगे। खबरदार, अगर बेकार की ब...
- क्या लम्बी मंजिल पार करने का लक्ष्य बनाकर चलने वाला कारवाँ कुछ मील पर ही थक कर आगे न चल सकने की असमर्थता प्रकट करने पर पैर पसार देगा?...? आशंका ऐसी ही दीखने पर भी, किसी को यह विश्वास नहीं करना चाहिए कि जिस समर्थ सत्ता ने यह सरंजाम जुटाया ...
- क्या लाना है?...? कॉफी लाओ। अच्छा जी! अभी लाया। आमलेट और ला? अभी लाया। जल्दी- जल्दी लाने का उसे क्या मिलेगा? आपने ...
- क्या लाभ हुए?...? ज्यादा तो मुझे मालूम नहीं है; पर इतना तो मालवीय जी ने छापा था कि मेरी स्मरण शक्ति ठीक हो गयी है, मेर...
- क्या लाया है?...? गुरुजी! देखिए, आपके लिए क्या लाया हूँ—रोटी लाया हूँ, पूरी लाया हूँ, कचौड़ी लाया हूँ। अच्छा ला, लेकिन...
- क्या लिखा है?...? ‘‘तब शिव तीसर नयन उघारा। चितवत काम भयउ जरि छारा॥’’ शंकर भगवान ने जब तीसरी आँख खोली, तो किसको देखा?...
- क्या ले आए?...? हम साहब ! भजन करते हैं। कहाँ है भजन, दिखाना जरा? यह तो मरा हुआ कुत्ता है। नहीं साहब ! यह हमा...
- क्या ले गया?...? दो रुपया। कितनी बार कहा, कितना दीन बना, धन्यवाद कहा, तब जाकर के सेठ जी की कृपा से, मुनीम जी की सिफार...
- क्या ले गया?...? दो रुपया। कितनी बार कहा, कितना दीन बना, धन्यवाद कहा, तब जाकर के सेठ जी की कृपा से, मुनीम जी की सिफार...
- क्या लेकर आएगा?...? साड़ी लेकर आऊँगा, धोती लेकर आऊँगा, मुकुट लेकर आऊँगा, वंशी लेकर आऊँगा। नहीं बेटे! यह क्या मजाक करता ह...
- क्या लेखनी बेकार है?...? नहीं बेटे! बेकार नहीं है। वह जानकारी देने में समर्थ हो सकती है। जीभ का भी यही हाल है। कितने सारे पंड...
- क्या लेखनी बेकार है?...? नहीं बेटे! बेकार नहीं है। वह जानकारी देने में समर्थ हो सकती है। जीभ का भी यही हाल है। कितने सारे पंड...
- क्या वजह है?...? आपने कभी देखा या विचार किया? उसकी एक ही वजह है कि वे ज्ञानी, गुरु और पण्डित केवल दिमाग और जबान तक ह...
- क्या वजह थी?...? सिर्फ एक ही वजह थी कि उन्हें 'राम काज कीन्हें बिना मोहे कहाँ विश्राम'।...
- क्या वजह थी?...? सिर्फ एक ही वजह थी कि ‘राम काज कीने बिना मोहि कहाँ विश्राम’ इसमें उनकी अपनी इच्छा कहाँ थी कि बैकुण्ठ...
- क्या वजह हुई?...? क्राइम। क्राइम—अपराध आदमी के व्यक्तित्व को खतम कर देता है। आमदनी क्या मिली, क्या नहीं मिली—आपसे मैं ...
- क्या वजह है इसकी?...? हम में और तुलसीदास जी में क्या अन्तर है? एक अन्तर है। नाक, आँख, कान, दाँत और हाथ-पाँव सब बराबर हैं, ...
- क्या वजह है इसकी?...? हम में और तुलसीदास जी में क्या अन्तर है? एक अन्तर है। नाक, आँख, कान, दाँत और हाथ-पाँव सब बराबर हैं, पर...
- क्या वजह है इसकी?...? इसकी एक ही वजह है कि हमने यह पहचान लिया है कि भगवान का अवतार होता हुआ चला आ रहा है। अवतार के साथ कन्...
- क्या वजह है साहब?...? वही बीज आपने बोया, वही हमने बोया। बीज और बोना तो समान रहा, लेकिन जमीन का तो जमीन-आसमान का फरक रहा। आ...
- क्या वजह है साहब?...? वही चीज आपने बोया, वही हमने बोया। बीज और बोना तो समान रहा, लेकिन जमीन का तो जमीन- आसमान का फर्क रहा।...
- क्या वजह है?...? अच्छा अब आप एक काम कीजिए। एक बिस्तर लीजिए, एक अटैची लीजिए। अगर आपके पास नहीं है, तो पड़ोसी से दोनों म...
- क्या वजह है?...? उन्होंने फैक्टरियों में जाकर देखा कि प्रत्येक फैक्टरी में दो राक्षसों में कुश्ती हो रही थी। दो पहल...
- क्या वजह है?...? यह है कि हमारे शरीर का यह किला और दुर्ग इतना मजबूत बनाकर भेजा गया है कि जन्म से ही इसमें कोई गोलीब...
- क्या वजह है?...? बच्चा तो बच्चा है, बाप तो विद्वान है। क्या कारण है?
राजा परीक्षित ने कहा कि एक बार मैं जंगल में श...
- क्या वजह है?...? हमारे भीतर संगठन करने का क्रम नहीं है। चोर-चोर इकट्ठे हो सकते हैं, ‘चोर-चोर मौसेरे भाई’ और पण्डित-पण...
- क्या वजह हो गयी?...? आदमी की बेअकली ने उसे मार डाला।
गिरती सेहत, ऊपर से बहु-प्रजनन
मित्रो! मैं आपसे ए...
- क्या वजह हो सकती है?...? यह उस बिरादरी का दर्शन है। जो कुछ हमारे पास है, उससे खुशी की जिन्दगी जिएँगे। उसे देखकर के खाएँगे। मस...
- क्या वनस्पति तेल बनाने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी?...? क्या चमड़े का व्यवसाय करने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी? क्या पूँजी को ऐसे काम करने के लिए मौका-अ...
- क्या वनस्पति तेल बनाने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी?...? क्या चमड़े का व्यवसाय करने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी? क्या पूँजी को ऐसे काम करने के लिए मौका अ...
- क्या वरदान दें?...? बस, दो ही वरदान हैं दुनिया में, तीसरा कोई वरदान नहीं है। लोभ को पूरा कर दीजिए, मोह को पूरा कर दीजिए।...
- क्या वरदान माँगता है माँग?...? उसने एक वरदान माँगा कि मैं जिसके सिर पर हाथ रख दूँ वो ही जल कर खाक हो जाए। शंकर जी ने वरदान दे द...
- क्या वर्तमान चिन्तन और वर्तमान परिस्थितियों में कुछ हेर-फेर होना सम्भव हो सकता है?...? आप विचार करना। वास्तव में वही विचार आपके लिए नये भविष्य का निर्माण करेगा तथा वही आपका और सारे संसार ...
- क्या वस्तुतः मरणोत्तर जीवन में आत्मा ऐसे किसी लोक, नगर, ग्राम, या देश में परिभ्रमण करती है?...? ये सारी जिज्ञासाएँ सहज ही मन में उठती हैं। विज्ञान की प्रगति ने मनुष्य को बुद्धि की दृष्टि से उन ऊँच...
- क्या वस्त्र दे सकता है?...? उसे किस स्तर की जिन्दगी जीनी पड़ सकती है? यही हमारा स्टैंडर्ड है। आप अमेरिका में जन्मे हैं तो आपका स्...
- क्या वस्त्र दे सकता है?...? उसे किस स्तर की जिन्दगी जीनी पड़ सकती है? यही हमारा स्टैंडर्ड है। आप अमेरिका में जन्मे हैं तो आपका स्त...
- क्या वह अपनी मुसीबतों के अलावा दूसरों की मुसीबतें दूर कर सकता है?...? यह बहुत विस्तृत है बेटे, हम इसकी ज्यादा व्याख्या नहीं कर सकते। आप हमारी पुस्तक पढ़ लेना। आप हमारी ज...
- क्या वह आपकी जीभ को नहीं देखती कि जीभ की नोंक से आपने क्या कहा, कितने पाठ किये?...? जीभ की नोक से गायत्री माता का ताल्लुक नहीं है। ताल्लुक इस बात का है कि आपकी नीयत में क्या है? आपके...
- क्या वह आशीर्वाद दे सकता है?...? नहीं, क्योंकि उसे मात्र अक्षर याद हैं। अक्षर याद कर लेने भर से अध्यात्म का कोई उद्देश्य पूरा नहीं हो...
- क्या वह इसी लोक में नहीं है?...? (१०) ‘भवबन्धन’ की मान्यता कहाँ तक सही है? (११) जन्म-मरण क्या है? (१२) सबसे बड़ी दुर्बलता कौन-सी है? क...
- क्या वह खाली हाथ है?...? नहीं, वह खाली हाथ नहीं है। घूम फिर करके रक्त फिर से उसके पास आ गया और जब हम नाड़ी छूते हैं तो रेलगाड़ी...
- क्या वह चटोरे स्वभाव को छोड़ सकेगी?...? इस अनियमितता का प्रभाव उसके भावी जीवन पर क्या पड़ेगा? क्या उसके जीवन को नष्ट करने का दोष माता-पिता क...
- क्या वह जालसाजी करेगा?...? क्या वह विश्वासघात करेगा? बेईमानी करेगा? कैसे करेगा, मुझे बताइये तो सही? पुलिस का दरोगा सामने बैठा ह...
- क्या वह जिसके बाल सफेद हो गए हैं?...? सफेद बालों वाला बुड्ढा होता है कहीं, वह जवान होता है। इंग्लैण्ड का प्रधानमंत्री जिसका नाम चर्चिल ...
- क्या वह दिखाओगे?...? बोले—चलिए में अभी उनसे ही मिलने जा रहा हूँ। चलिए भगवान से मिलने का समय हो गया है, भगवान कहाँ हैं? तु...
- क्या वह पाट सकती थी?...? नहीं, लेकिन उसकी भावनाएँ थीं। नाचीज थी तो क्या? उसकी दिलेरी देखिए, उसकी हिम्मत देखिए, उसकी उदारता दे...
- क्या वह पुस्तक कोई और थी?...? नहीं, पुस्तक तो वही है। कथा भी बिलकुल वही है। फिर आपको लाभ क्यों नहीं मिला और परीक्षित को अमृत का बड़...
- क्या वह प्रकृति की किसी अनिच्छित क्रिया के अवशेष उच्छिष्ट से बना खिलौना मात्र है?...? क्या मानव जीवन वस्तुतः लक्ष्य विहीन हलचलों के बनने-बिगड़ने वाले संयोगों की परिधि तक ही सीमित है? अथवा...
- क्या वह बैंक वाले के लिए है?...? नहीं, वह बैंक वाले के लिए नहीं है। फिर किसके लिए है? जिनका एकाउण्ट है, खाता है, पैसा जमा है, उनके लि...
- क्या वह मशक्कत या पुरुषार्थ से पास हो सकता था?...? कदापि नहीं। चाहे वह कितना भी परिश्रम कर लेता, वह सफल नहीं हो सकता था। उसका भाग्य ठीक नहीं था। भाग्य ...
- क्या वह मिठाई खाती है, महल बनाती है?...? नहीं बेटे, ऐसी नहीं होती है-दैवीय सभ्यता। दैवीय सभ्यता ऐसी होती है, जिसमें एक ही वृत्ति रहती है, ‘‘ह...
- क्या वह मिठाई खाती है, महल बनाती है?...? नहीं बेटे, ऐसी नहीं होती है, दैवीय सभ्यता। दैवीय सभ्यता ऐसी होती है, जिसमें एक ही वृत्ति रहती हैं, &...
- क्या वह विश्वासघात करेगा?...? बेईमानी करेगा? कैसे करेगा, मुझे बताइये तो सही? पुलिस का दरोगा सामने बैठा हो, सामने कलेक्टर बैठा हो, ...
- क्या वहाँ लोग जीवन नहीं जी रहे?...? अपने देश में लोगों को यह शंका है कि यहाँ की नारी आगे बढ़ जाएगी तो हमारा जीवन गुजारना मुश्किल हो जाएगा...
- क्या वास्तव में स्वर्ग है?...? किसी ने देखा है स्वर्ग को? किसी ने देखा हो या नहीं, लेकिन मित्रो! मैंने स्वर्ग को देखा है और मैं च...
- क्या वास्तव में आदमी को उतने पैसे की जरूरत है?...? नहीं है। मैंने कल आपको कहा था कि आदमी के खाने का हक और आदमी के खाने का कोटा मुकर्रर है। उससे ज्य...
- क्या वास्तव में यह दुनिया ऐसी है जैसे कि उस लड़की का ख्याल था?...? मैं समझता हूँ कि यह दुनियाँ ऐसी बेकार नहीं बनायी गयी है। यदि ऐसी बेकार दुनिया बनी होती है, तो हम...
- क्या वास्तव में वह मुझसे प्यार करता है?...? प्यार का मतलब होता है—देना। अगर प्यार का मतलब देनाा, आप नहीं समझते हैं, प्यार का मतलब आप यह समझते है...
- क्या विचार अनुचित है?...? लोग क्या कहते हैं? लोगों की बातें हमने सुनना बन्द कर दिया। लोगों की बातें हम नहीं सुन सकते। लोगों के...
- क्या विचार अनुचित हैं?...? क्या क्रिया हमारे लिये उचित है? क्या विचार अनुचित है? लोग क्या कहते हैं? लोगों की बातें हमने सुनना ब...
- क्या विचार करना चाहिए?...?
आपको इन दोनों समय में, आत्मबोध और तत्त्वबोध की साधना करनी चाहिए।
प्रात:काल जब उठा करें, तो आप ...
- क्या विचार करना चाहिए?...? आपको इन दोनों समयों में, आत्मबोध और तत्त्वबोध की साधना करनी चाहिए। प्रात:काल जब उठा करें, तो आप अपने...
- क्या विचार करें?...? आप ये विचार कीजिए कि हमको महान् बनना है। दूसरों के सामने आपको अपनी निशानियाँ छोड़ जानी हैं, ताकि वे...
- क्या विचार करें?...? आप ये विचार कीजिए, क्या विचार करें, कि हमको महान बनना है।...
- क्या विचार हमारे लिये उचित है?...? क्या विचार अनुचित हैं? क्या क्रिया हमारे लिये उचित है? क्या विचार अनुचित है? लोग क्या कहते हैं? लोगो...
- क्या विधि बताऊँ?...? नहीं महाराज जी! बीजमंत्र लगाने की विधि बताइए। बताऊँ तेरा सिर, बेहूदा कहीं का। विधियाँ पूछता है। विधि...
- क्या विधि बताऊँ?...? नहीं महाराज जी! बीजमंत्र लगाने की विधि बताइए। बताऊँ तेरा सिर, बेहूदा कहीं का। विधियों पूछता है। विधि...
- क्या विधि सिखा दें?...? आचार्य जी! ऐसी कोई विधि आप सिखा दीजिए। इस विधि की कोई वजह? आपने जो फायदा उठाया, व दूसरों से जो फायदा...
- क्या विनाश की तबाही इसी तरीके से ही होती रहेगी?...? क्या इस सुन्दर दुनिया की बरबादी इसी तरह से होती रहेगी? क्या यह समय ऐसा ही बना रहेगा? नहीं, जिस कला...
- क्या विनाश के अतिरिक्त और कोई मार्ग ही नहीं?...? इस प्रकार जब निराशा जनक चिन्तन जीवनक्रम को घेरने लगे, तो आशा की किरण एक ही रह जाती है कि मानवी अन्तर...
- क्या विशेषता है बया में?...? कोई विशेषता नहीं है बेटे, मन लगाकर कोई भी काम करो, तो शानदार होता हैं। मन लगाकर काम नहीं किया (जाए त...
- क्या विशेषता होती है?...? देवता देना जानते हैं। और जो देवता नहीं हैं, वे हर जगह से सिर्फ एक ही फिराक में रहते हैं कि हम कहाँ स...
- क्या विशेषताएँ थीं इनकी?...? यही विशेषता थी कि नाक, आँख, कान तो हमारे-आपके तरीके के थे। चावल, दाल, रोटी, शाक तो वे लोग हमारे-आपके...
- क्या विशेषताएँ होती हैं देवताओं में?...? देवताओं में एक विशेषता यह होती है कि वे बुड्ढे नहीं होते, जवान रहते हैं।
इसका नाम है—अजर-अमर होन...
- क्या वे इतने स्वल्प समय में जुट सकेंगे?...? जिन्हें महाकाल की इच्छा और योजना के सफल होने का विश्वास है, वे इस प्रतिपादन पर श्रद्धा कर सकते हैं क...
- क्या वे कह सकते हैं या सोच सकते हैं कि इसके पीछे किसका हाथ है?...? बेटे, उसी का हाथ है, जिसने आपकी उँगली पकड़ी है और आपने उनका पल्ला पकड़ा है और उन्हीं के हो गए हैं। च...
- क्या वे कौम के माली हैं?...? इनके यहाँ फूलों की खेती होती है? जहाँ कहीं भी शादी होती है, अच्छा काम होता है, वे फूल लेकर के जाते ह...
- क्या वे कौम के माली हैं?...? इनके यहाँ फूलों की खेती होती है? जहाँ कहीं भी शादी होती है, अच्छा काम होता है, वे फूल लेकर के जाते ह...
- क्या वे पड़े-लिखे नहीं है?...? विद्या उनको नहीं आती। नहीं साहब, वह तो शिक्षा ने ऐसा बना दिया हमें। तो शिक्षा ने हमें ही बना दिया, उ...
- क्या वे पढ़े-लिखे नहीं हैं?...? विद्या उनको नहीं आती। नहीं साहब, वह तो शिक्षा ने ऐसा बना दिया हमें। तो शिक्षा ने हमें ही बना दिया, उ...
- क्या वे भगवान शंकर हमारी कठिनाइयों का समाधान नहीं कर सकते?...? क्या हमारी उन्नति में कोई सहयोग नहीं दे सकते? भगवान को देना चाहिए, हम उनके प्यारे हैं, उपासक हैं। हम...
- क्या वे भगवान शंकर हमारी कठिनाइयों का समाधान नहीं कर सकते?...? क्या हमारी उन्नति में कोई सहयोग नहीं दे सकते? भगवान को देना चाहिए, हम उनके प्यारे हैं, उपासक हैं। हम...
- क्या वे माला घुमाते थे?...? नहीं बेटे, वे माला नहीं घुमाते थे, वरन् वे सारे दिन समाज की सेवा किया करते थे। आज तो जो सबसे घटिया...
- क्या वे माला घुमाते थे?...? नहीं बेटे, वे माला नहीं घुमाते थे, वरन वे सारे दिन समाज की सेवा किया करते थे। आज तो जो सबसे घटिया का...
- क्या वे लोग इतने ही ज्ञानी थे, जितने कि हम लोग विद्वान हैं?...? आज के पी.एच.डी. के ज्ञान का मुकाबला प्राचीनकाल के विद्वान से कैसे किया जाए? बेटे, प्राचीनकाल में एक-...
- क्या वे हमें हस्तगत हुईं?...? इसके उत्तर में यही कहा जा सकता है ‘‘हाँ’’। उनमें से यहाँ कुछ ऐसे प्रसंगों की ही चर्चा की जा सकती है ...
- क्या वेश्यावृत्ति जारी रखी?...? नहीं महाराज! जिस दिन से उसने राम का नाम लिया, उसके बाद कभी नहीं नाची! नाची हो तो बता? नहीं महाराज ...
- क्या वो पढ़े-लिखे नहीं हैं?...? क्या हिंदुओं के लड़के पढ़े-लिखे हैं? क्या हिंदुओं के लड़कों के दिमाग सातवें आसमान पर नहीं हैं? क्या हिं...
- क्या वो पढ़े-लिखे हुए नहीं हैं?...? क्या सारी अकल आपके ही हिस्से में आ गई है। क्या वे पड़े-लिखे नहीं है? विद्या उनको नहीं आती। नहीं साहब...
- क्या वो पढ़े-लिखे हुए नहीं हैं?...? क्या सारी अकल आपके ही हिस्से में आ गई है। क्या वे पढ़े-लिखे नहीं हैं? विद्या उनको नहीं आती। नहीं साहब...
- क्या व्याख्या करेंगे?...? मंत्र का अपना विज्ञान है। मंत्र अक्षरों को नहीं कहते। हम क्या कहते हैं—‘प्रधानमंत्री।’ प्रधानमंत्री ...
- क्या शंकर भगवान हमारी कठिनाइयों का कोई समाधान नहीं कर सकते?...? क्या हमारी उन्नति में भगवान शंकर कोई सहयोग नहीं दे सकते? भगवान को सहयोग देना चाहिए। हम उनके प्यारे...
- क्या शर्त है?...? भगवान के बच्चों को प्यार कीजिए। किसी माँ का प्यार पाना हो तो आप उसके बच्चों को प्यार कीजिए। अरे ...
- क्या शर्त है?...? यही कि आप भगवान के काम आएँ, भगवान की सेवा करें। भगवान की मदद करें। भगवान की मदद क्या हो सकती है? भगव...
- क्या शर्म की बात है?...? अमीर आदमी रेशमी कपड़े पहन सकता है और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है और कौन खास बात है? आदमी के ...
- क्या शान्ति नहीं देंगे?...? हिम्मत नहीं देंगे? क्या आप इतनी भी कृपा नहीं कर सकते? अगर हमने यह प्रार्थना की होती तो मजा आ जाता, फ...
- क्या शाप दिया?...? यह शाप दिया कि आज से सातवें दिन आपको साँप काट लेगा और आपकी मौत हो जाएगी। राजा ने पूछा कि तब मुझे क्य...
- क्या शामिल कर ले?...? स्कूल में पढ़ाई करें और पढ़ाई के बाद नौकरी करें। नहीं साहब, पढ़ाई के साथ ही नौकरी मिल जाए तो अच्छा ह...
- क्या शामिल कर लें?...? स्कूल में पढ़ाई करें और पढ़ाई के बाद नौकरी करें। नहीं साहब पढ़ाई के साथ ही नौकरी मिल जाए तो अच्छा है...
- क्या शिकायत है?...? मन भाग जाता है, अच्छा तो आपको यह शिकायत है। चलिए हम बताते हैं, फिर मन भाग जाए तो आप हमसे कहना। अब क्...
- क्या शिकायत है?...? मन भाग जाता है, अच्छा तो आपको यह शिकायत है। चलिए हम बताते हैं, फिर मन भाग जाए तो आप हमसे कहना। अब क्...
- क्या शिक्षण ग्रहण करें?...? बेटे क्या करना पड़ता है? सफाई करनी पड़ती है। बिना सफाई के पूजा नहीं हो सकती है। शरीर को साफ कर पूजा के...
- क्या शिक्षण दिया हुआ है?...? पंचोपचार में पाँच चीजें आती हैं। जब इसमें से एक चीज चढ़ाया करें, तब अपनी विचारणा को, विचारों को उन व...
- क्या शिक्षा बुरी बात है?...? यदि है तो आप अपने बेटे को, बेटी को, भाई को क्यों पढ़ाते हैं? आपने बीबी को ही क्यों मना कर दिया? उसको...
- क्या शुभ कर्म मिल गया?...? शुभ कर्म किसे कहते हैं? बेटे! शुभ कर्म दो हैं और कोई तीसरा शुभ कर्म नहीं है। एक शुभ कर्म है—अपने कुस...
- क्या शुरू करना चाहते हैं?...?
पहले मैं यह बताना चाहता हूँ कि क्या अध्यात्म भौतिक जीवन में किसी तरह से लाभदायक बन सकता है? क्या इ...
- क्या शुरू करें?...? आप ये मान के चलिए - जिन्दगी एक बहुत लम्बी कड़ी है, एक लम्बी वाली शृंखला है। बहुत लम्बी शृंखला, बहुत ...
- क्या श्रीकृष्ण भगवान ने महाभारत किया था?...? हाँ, किया था, लेकिन अकेले नहीं, वरन निन्यानवे आदमियों ने किया था महाभारत। युग बदलने में एक आदमी काम ...
- क्या श्रीकृष्ण भगवान ने महाभारत किया था?...? हाँ किया था, लेकिन अकेले नहीं, वरन निन्यानवे आदमियों ने किया था महाभारत। युग बदलने में एक आदमी काम न...
- क्या सम्भावना है?...? हाँ, सौ फीसदी सम्भावना है। महाराज जी! आप तो ऐसे ही सपने देखते हैं। हाँ बेटे, हमने सपने ही देखे हैं ...
- क्या सम्भावना है?...? हाँ, सौ फीसदी सम्भावना है। महाराज जी! आप तो ऐसे ही सपने देखते हैं। हाँ बेटे, हमने सपने ही देखे हैं और...
- क्या संसार में लोग मोती भी खाते हैं?...? हाँ बेटे- ‘‘कै हँसा मोती चुगै, कै लंघन मर जाय।’’ भूखों मर जायेंगे, पर हम मोती चुगेंगे। हम पर तंगी ...
- क्या सचमुच गुड्डे-गुड़ियों का ब्याह हो रहा है?...? कहीं नहीं हो रहा है। बच्चियाँ सीख रही हैं। जरा सा चूल्हा ले आई हैं। मिठाई बना रही हैं। मम्मी! मैं कच...
- क्या सचमुच मना करना पड़ेगा?...? अभी सोच ही रहा था कि इतने में उन्होंने फिर कहा-‘‘जा, जल्दी मना कर दे, नहीं तो वह लगा जायगा।’’
अब तो...
- क्या सपना दिखा?...? यह दिखा कि मैं ब्याह करूँगा, बाल-बच्चे पैदा करूँगा। अब मैं बूढ़ा हो गया। रात भर मुझे यह ख्याल आता रहा...
- क्या सपना है?...? 1 लाख व्यक्तियों में जनचेतना जगाना तथा 240 करोड़ जप करने की पद्धति प्रारम्भ करना। हर गाँव में नित्य ह...
- क्या समझ में आया?...? यही कि परिश्रम हमको करना चाहिए, पुरुषार्थ हमको करना चाहिए। संयम हमको करना चाहिए और पराक्रम ह...
- क्या समझते हैं कि आपने इसे स्कूल में पढ़ लिया है?...? नहीं, यह लाखों वर्षों में करोड़ों मनुष्यों की मशक्कत का फल है। आपको पुरानी लिपि देखनी हो तो आप इंग्ल...
- क्या समझदारी थी उसकी?...? राजस्थान का एक जाट मेले में गया। वहाँ बहुत तेज धूप पड़ रही थी। राजस्थान में धूप बहुत पड़ती है। कहीं ...
- क्या समझदारी थी उसकी?...? राजस्थान का एक जाट मेले में गया। वहाँ बहुत तेज धूप पड़ रही थी। राजस्थान में धूप बहुत पड़ती है। कहीं को...
- क्या समझा आपने?...? क्या जाना? अब हम आपको यह बताना चाहेंगे कि गायत्री मंत्र के ज्ञान और विज्ञान में जिसकी कि व्याख्यास्व...
- क्या समझा आपने?...? क्या जाना? अब हम आपको बताना चाहेंगे कि गायत्री मंत्र के ज्ञान और विज्ञान में, जिसकी कि व्याख्या स्वर...
- क्या समाज का इसमें कोई अनुदान नहीं?...? यह बात नहीं मानी जा सकती कि यह केवल उस व्यक्ति का ही दोष है जिसने चोरी की है।मानवी दृष्टि से देखा जा...
- क्या समाज का उत्तरदायित्व नहीं है आपके ऊपर?...? देश का उत्तरदायित्व नहीं है? नहीं साहब! अभी तो बेटी की शादी करनी है, उससे निवृत्त हो जाऊँगा, तब आऊँग...
- क्या समाज का हक कुछ भी नहीं है?...? समाज का हक है आदमी की आमदनी के ऊपर। सरकार टैक्स लेती है वो भी समाज का हक है। हर मनुष्य अपनी स्वेच्छा...
- क्या समूह व्यवस्था?...? दोनों ही क्षेत्रों में हमें विशालता, उदारता एवं एकता का परिचय देना चाहिए। संयुक्त परिवार जैसी सहकारि...
- क्या सम्पत्ति, जरा बताना तो सही?...? सम्पत्ति की फिलॉसफी मित्रो! मैं आपको सम्पत्ति की फिलॉसफी बताना चाहूँगा। आप सम्पत्ति की फिलॉसफी समझिय...
- क्या सहायता कर सकता हूँ?...?
मेरा खास मकसद
मित्रो! मैंने आपको इस ख्याल से बुलाया था कि अब मैं जा रहा हूँ। इस संसार में ...
- क्या सहायता करता है?...? सर्वश्रेष्ठ ध्यान : गुरु का ध्यान
मित्रो, सवेरे के वक्त जब मैं यहाँ आता हूँ तो उससे पहले अपन...
- क्या सहायता करता है?...? सर्वश्रेष्ठ ध्यान-गुरु का ध्यान मित्रो, सवेरे के वक्त जब मैं यहाँ आता हूँ तो उससे पहले अपने गुरु के ...
- क्या सही-गलत का निर्णय नहीं कर पा रहे?...? तो सही मार्गदर्शन के लिए पढ़ें—
1. मानसिक सन्तुलन 2. आध्यात्मिक काम-विज्ञान 3. अन्तरंग जीवन का दे...
- क्या सारा माल तू ही हजम कर जाएगा कि उसको भी कुछ देगा?...? तो क्या महाराज जी, उसको भी कुछ देना पड़ेगा? हाँ बेटे, क्योंकि इसमें सारा धन उसी का लगा हुआ है। तू तो...
- क्या सिखा दें बेटे?...? पंचकोशों की उपासना सिखा दीजिए। जरूर सिखा देंगे। अन्नमय से लेकर प्राणमय, मनोमय से लेकर विज्ञानमयक...
- क्या सिखाया जाता है इसके अलावा?...? वाणी के उपयोग करने के अलावा वाणी के कई उपयोग सिखाये जाते हैं। संगीत का शिक्षण इसलिए सिखाया जाता है क...
- क्या सिद्धान्त हैं?...? अभी हम आपको बता तो रहे थे—स्वस्थ शरीर, स्वच्छ मन और सभ्य समाज। अच्छा तो यही हैं सिद्धान्त। हाँ बेटे,...
- क्या सिनेमा में जाने का मन है कि नाचने का मन है?...? क्यों? जवानी में क्या है? और बुढ़ापे में क्या खराबी है? आप बुड्ढे को जवान बनाने वाली बात मत सोचिए।...
- क्या सिर्फ पोशाक बदलने से?...? नहीं, अन्तरंग की संरचना में उलट-फेर से।पास खड़े साथी यह विचित्र परिवर्तन देख रहे थे। कुछ ने कहा—‘‘ अ...
- क्या सुधार करना है?...? यह सुधार करना है कि अक्षरों का उच्चारण करना आवश्यक तो है, अनिवार्य तो है, उपयोगी तो है, महत्त्वपूर्ण...
- क्या सुनी है आपने?...? हम हलवाई की दुकान पर जाते हैं और प्रार्थना करते हैं हलवाई साहब, हमको एक किलो जलेबी चाहिए। अच्छा साहब...
- क्या सुनी है आपने?...? हम हलवाई की दुकान पर जाते हैं और प्रार्थना करते हैं -हलवाई साहब हमको एक किलो जलेबी चाहिए। अच्छा साहब...
- क्या सुपुर्द करते हैं?...? जनजागरण का काम करना पड़ेगा। जनसाधारण को जगाना पड़ेगा। फिर आदमी का वह शिक्षण करना पड़ेगा, जिससे उसकी ...
- क्या सुपुर्द करते हैं?...? जनजागरण का काम करना पड़ेगा। जनसाधारण को जगाना पड़ेगा। फिर आदमी का वह शिक्षण करना पड़ेगा, जिससे उसकी विच...
- क्या से क्या हो रहा है?...? डकैतियाँ आप नहीं पढ़ते? बलात्कार आप नहीं पढ़ते? हत्याएँ आप नहीं पढ़ते? और इन्सान का एक-दूसरे इन्सान के ...
- क्या सेवा और पूजा नहीं की जानी चाहिए?...? वह भी बता देंगे बाबा उसमें क्या बड़ी से बात है? वह कोई बड़ी सी बात नहीं है। माँगना हो तो हाथ जोड़क...
- क्या सेवा करेंगे?...? आपकी सेवा के बदले हम इस गाँव में एक दवाखाना, एक अस्पताल बना देंगे। अच्छा बनवा दीजिए। राजा ने तुरन्त...
- क्या सेवा करेगा?...? आपके सिर में तेल लगाऊँगा। बेटे! जितने समय में सिर में तेल लगाएगा, उतने में तो हम बीस काम करेंगे, क्य...
- क्या सोता ही रहेगा?...? क्या यह सोने का समय है?
सारे देश में चीत्कार फैली हुई है, जो भयावह है वह आग, इसे मैं आग के सिवाय ...
- क्या सोता ही रहेगा?...? क्या यह सोने का समय है? सारे देश में, सारे देश में चीत्कार फैली हुई है, जो भयावह है वह आग, इसे मैं आ...
- क्या सोते से जाग पड़ने की आवश्यकता समझाए?...? प्रचार माध्यम अब अपनी विश्वसनीयता खोते चले जा रहे हैं, क्योंकि उपदेष्टा ही कथन के ठीक विपरीत आचरण कर...
- क्या सोयेंगे, कितना सोयेंगे, क्या सोते रहेंगे?...? ’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘नहीं, उनके विश्राम का मतलब होता है सूक्ष्म जगत् में तप। वे सूक्ष्म शरीर से कारण ...
- क्या सौंप दिया तूने?...? ये सौंप दिया है कि आप हमारी चार लड़कियों का विवाह कराओ गुरुजी! तनख्वाह भी हमारी कम है, सो गुरुजी! सौ...
- क्या सौंप दिया है?...? सौंप दिया भगवान तुम्हारे हाथों में। क्या सौंप दिया है? अरे! माताजी छह लड़कियाँ हैं। एक की शादी हो गई...
- क्या स्वभाव है?...? देते रहते हैं। देते रहते हैं, क्या मतलब। देते रहने का मतलब है, अगर उनके पास कोई चीज है तो लोगों को ब...
- क्या स्वरूप बदल गया है?...? देवताओं की हमने कैसी-कैसी दुर्गति की? इसे देखकर रोना आता है। एक दिन एक देवी बैठे-बैठे रो रही थी। मैं...
- क्या स्वीकार कर लें?...? दुनिया में कोई जगह ऐसी नहीं है, जहाँ छिप करके आप बुरा काम कर सकते हैं। छिपकर बुरा काम करने के लि...
- क्या हम अपने सिद्धान्तों के प्रति पक्के और सच्चे हैं?...? हम कैसे माने कि आप सच्चे हैं और पक्के हैं। नहीं साहब! हम सच्चे और ईमानदार हैं। हमें नहीं मालूम कि आप...
- क्या हम अपने सिद्धान्तों के प्रति पक्के और सच्चे हैं?...? हम कैसे मानें कि आप सच्चे हैं और पक्के हैं। नहीं साहब! हम सच्चे और ईमानदार हैं। हमें नहीं मालूम कि आ...
- क्या हम इतने घटिया और छोटे हो सकते हैं, जो इस छोटे-से पूजा-पाठ से खुश हों जाएँ और आशीर्वाद दें?...? भगवान् जी! हम तो नहीं मानते हैं, लेकिन हमारे चेले यही मानते हैं। तो फिर आप ऐसे चेलों की पिटाई कीजिए,...
- क्या हम उस स्वेच्छापूर्वक अपनाई गई कृपणता को घटा या हटा नहीं सकते, जिसके कारण जीवन के अन्तरंग और बहिरंग पक्षों को आत्म-प्रताड़ना और लोक-भर्त्सना सहते रहने के अतिरिक्त और कुछ भी तो हाथ नहीं आता?...? आदान-प्रदान संसार का शाश्वत नियम है। नेकी का बदला कृतज्ञता के रूप में चुकाया जाता है, पर उसके लिए सब...
- क्या हम ऐसा नहीं कर सकते कि महर्षि दधीचि जिन्होंने अपनी हड्डियों तक का दान कर दिया था, उनकी तसवीरें लोगों को दें?...? ऐसी तसवीरें क्या कहीं दिखाई पड़ती हैं? मैंने तो आज तक नहीं देखीं। उनके जैसा हिन्दुस्तान में त्याग करन...
- क्या हम ऐसे हैं?...? हम ऐसे नहीं हैं। हम ईश्वर के विश्वासी नहीं हैं। ईश्वर-विश्वासी का चरित्र उच्चकोटि का होना ही चाहिए। ...
- क्या हम करेंगे?...? अपने आप में जो कच्चाइयाँ आयेंगी, जब आपको कच्चाइयाँ यह मजबूर करेंगी कि जो करते रहे हैं, वही ढर्रा चलत...
- क्या हम करेंगे?...? और अपने आपको, अपने आप में जब कच्चाइयाँ आयेंगीं, जब आपको कच्चाइयाँ ये मजबूर करेंगी, कि जो करते रहे वह...
- क्या हम काम-वासना के भाव रखते हैं?...? स्त्री-पुरुष के बीच एक काम-वासना का ही रिश्ता है क्या? नहीं, ये बहुत बुरी बात है। दिमाग में काम-वासन...
- क्या हम गुलाब के फूल के तरीके से खिलने की कोशिश करते हैं?...? क्या अपने आप को गुलाब की तरह सुगन्धित बनाया? क्या अपने आप को हँसता हुआ आदमी बनाया? क्या अपने आप को पु...
- क्या हम गुलाब के फूल के तरीके से खिलने की कोशिश करते हैं?...? क्या हमने अपने आप को गुलाब की तरह सुगन्धित बनाया? क्या अपने आप को हँसता हुआ आदमी बनाया? क्या अपने आप ...
- क्या हम प्रतीकों की उपेक्षा कर सकते हैं?...? नहीं, हम प्रतीकों की उपेक्षा नहीं कर सकते। प्रतीकों के माध्यम से हम उस ज्ञान को जो हमारी भारतीय संस्...
- क्या हम भगवान को भी धोखा देंगे?...? अच्छा कार्य करने वाला व्यक्ति भगवान का स्वरूप बन जाता है। फिर उसे अच्छा कार्य करना ही पड़ता है।
ब...
- क्या हम भगवान को भी धोखा देंगे?...? अच्छा कार्य करने वाला व्यक्ति भगवान का स्वरूप बन जाता है। फिर उसे अच्छा कार्य करना ही पड़ता है।
...
- क्या हम मार डालें पिता को?...? नहीं आप मार न डालें पिता को। तो क्या करेंगे? जब तक हमारे पिता जिन्दा हैं तब तक हम जनेऊ कैसे पहन सकते...
- क्या हम विनाश की ओर बढ़ रहे हैं?...? यह प्रश्न सभी के मन में बिजली की तरह कौंध रहा है। ऐसी स्थिति में हर विचारशील ने विश्व भर में अपने-अप...
- क्या हम शरीर का उपयोग कर सके?...? जो स्वास्थ्य आपको मिला, क्या उसका इस्तेमाल ठीक प्रकार से आपने कर लिया? फिर आप कौन से मुँह से भगवान...
- क्या हम सन्त नहीं हो सकते?...? हाँ, हम सन्त हो सकते हैं। हम ज्ञानी हो सकते हैं। हम तपस्वी हो सकते हैं। अध्यात्मवादी हो सकते हैं। ध...
- क्या हम सब अगले ही दिनों सामूहिक आत्महत्या का यह विनाश आयोजित करके रहेंगे?...? स्थिति को कैसे बदला जाये? इसके सम्बन्ध में तरह तरह के उत्पादनों, उपकरणों, निर्धारणों की बात सोची जात...
- क्या हम सभी अपने साथी को छुड़ा न सकेंगे?...? अपना वह साथी कुछ ही क्षणों में मृत्यु का ग्रास बनने वाला है और हम हैं कि उसे बचाने का प्रयास भी नहीं...
- क्या हमको प्रगति के मार्ग पर चलने का मौका मिल सकता है?...? बिल्कुल नामुमकिन है। हिन्दुस्तान जैसा पूजा- पाठ करने वाला मुल्क दुनिया में शायद कहीं भी आपको नहीं ...
- क्या हमने अपने आप को सुगन्धित बनाया?...? क्या अपने आप को हँसता हुआ आदमी बनाया? क्या अपने आप को सन्तुष्ट आदमी बनाया? क्या अपने आप को खिलता-खिला...
- क्या हमने उसका उपयोग करना जाना?...? उपयोग करने का ढंग आता है क्या? हमको शरीर मिला। क्या हम शरीर का उपयोग कर सके? जो स्वास्थ्य आपको मिल...
- क्या हमने कभी सोचा है कि हमारे मरने के बाद पत्नी, बेटी जो कभी घर से बाहर नहीं निकली उनकी क्या दशा होगी?...? सम्पत्ति दो दिन की मेहमान है, कल चली जायेगी। पुरुषार्थी का ही संसार में रहना योग्य है। अस्तु नारी वर...
- क्या हमने कभी सोचा है कि हमारे मरने के बाद पत्नी-बेटी, जो कभी घर से बाहर नहीं निकलीं, उनकी क्या दशा होगी?...? सम्पत्ति दो दिन की मेहमान है, कल चली जाएगी। पुरुषार्थी का ही संसार में रहना योग्य है। अस्तु नारी वर्...
- क्या हमने कभी सोचा है कि हमारे मरने के बाद पत्नी-बेटी, जो कभी घर से बाहर नहीं निकलीं, उनकी क्या दशा होगी?...? सम्पत्ति दो दिन की मेहमान है, कल चली जायगी। पुरुषार्थी का ही संसार में रहना योग्य है। अस्तु, नारीवर्...
- क्या हमने गुलाब के फूल की तरह खिलने की कोशिश की?...? क्या हमने अपने आप को सुगन्धित बनाया? क्या अपने आप को हँसता हुआ आदमी बनाया? क्या अपने आप को सन्तुष्ट आद...
- क्या हमने वह काम किया?...? अगर हमने वह काम किया होता, तो हम यज्ञ को, अग्नि को बहुत मानने वाले व्यक्ति होते।आग में जो चीज डाल दी...
- क्या हमारा मूल्य दीपक से भी कम है?...? बात ऐसी तनिक भी नहीं, मात्र कृपणता का तूफान ही है जो श्रेय पथ पर चलने देने में, पग-पग पर अड़चन उत्पन...
- क्या हमारी उन्नति में कोई सहयोग नहीं दे सकते?...? भगवान को देना चाहिए, हम उनके प्यारे हैं, उपासक हैं। हम उनकी पूजा करते हैं। वे बादल के तरीके से हैं। ...
- क्या हमारी उन्नति में कोई सहयोग नहीं दे सकते?...? भगवान को देना चाहिए, हम उनके प्यारे हैं, उपासक हैं। हम उनकी पूजा करते हैं, वे बादल के तरीके से हैं। ...
- क्या हमारी उन्नति में भगवान शंकर कोई सहयोग नहीं दे सकते?...? भगवान को सहयोग देना चाहिए। हम उनके प्यारे हैं, हम उनके उपासक हैं, उनकी पूजा करते हैं। लेकिन पूजा क...
- क्या हमारे ऊपर हमारे बीबी-बच्चों का ही अधिकार है या किसी और का भी अधिकार हमारे ऊपर है?...? बेटे, हमारे ऊपर गुरु का ऋण है। वह चुकाया जाना ही चाहिए। अपने माध्यम से आपको मैं कह रही हैं। यह ऋण है...
- क्या हमारे जीवन में सुख- शान्ति आ सकती है?...? क्या हमको प्रगति के मार्ग पर चलने का मौका मिल सकता है? बिल्कुल नामुमकिन है। हिन्दुस्तान जैसा पूज...
- क्या हमारे पद-चिह्नों पर कुछ दूर चल सकते हैं?...? देखा यह भी जाना चाहिए। ताकि हम देख सकें कि हम सच्चे साथियों के रूप में परिवार का सृजन करते रहें अथवा...
- क्या हमारे बुजुर्गों की गरदन ऐसी मोटी थी?...? उनने कहा—हाँ! ऐसी ही मोटी थी। क्या हमारे बुजुर्गों की पेशानी और सीने ऐसे ही जबरदस्त थे? उन्होंने कहा...
- क्या हमारे बुजुर्गों की पेशानी और सीने ऐसे ही जबरदस्त थे?...? उन्होंने कहा—हाँ बेटा! ऐसे ही थे। ये लकड़ी नहीं है। ये जस के तस ऐसे ही बनाए गए हैं, जैसे कि हमारे बु...
- क्या हमारे लिए यह सम्भव नहीं है?...? अगर हम खरच से कम आमदनी करते हैं तो कम खरच में गुजारा करें और आर्थिक कठिनाई जैसी मुसीबतों से सहज ही छ...
- क्या हमें कुछ पता है?...? मरने के बाद क्या होगा? पता ही नहीं। अभी क्या होगा? यह तक तो हमें मालूम नहीं है, फिर भविष्य का क्या...
- क्या हमेशा के लिए जा रहे हैं?...? हाँ, अब नहीं आयेंगे? हाँ। तो फिर अस्सी बीघे जमीन की लिखा-पढ़ी कर जाइये, हमको और अपने घर वालों को, ख...
- क्या हर्ज है, आपको, बताइए?...? मदालसा के बेटे आप नहीं बन सकते? कुन्ती के बेटे बनने में आपको शर्म आती है, बताइए? सीता के बेटे अगर आप...
- क्या हर्ज है?...? मैं अफ्रीका गया। वहाँ कितने ही नीग्रो को गायत्री मंत्र सिखाना पड़ा, कई दिन सिखाया। एक और सज्जन, जिनके...
- क्या हवा की जरूरत नहीं है?...? केवल अन्न की जरूरत है? अन्न ही अन्न बकते चल जाते हैं और हवा की कीमत को नहीं समझते, पानी की कीमत को न...
- क्या हाथ बेकार में दिये गये?...? नहीं, हाथ के पास भी रक्त आया, जिसने कमाया था और अपने लिए खाया नहीं था। उसने मुँह को खिला दिया था। क्...
- क्या हाल है?...? बोले, अरे साहब! गुजारा भी नहीं होता। आप तो हाथ घुमाकर रुपया बना देते हैं। हाँ साहब! पर वह रुपया हमार...
- क्या हाल हो रहा है, भीतर वाली कमजोरी निकलती नहीं, योग्यता बढ़ती नहीं, तो उन्नति कैसे होगी?...? भीतर वाले को योग्यता के रूप में विकसित करना होगा। मन से काम करना सीखना होगा, मशक्कत से काम करना सीखन...
- क्या हाल हो रहा है, भीतर वाली कमजोरी निकलती नहीं, योग्यता बढ़ती नहीं, तो उन्नति कैसे होगी?...? भीतर वाले को योग्यता के रूप में विकसित करना होगा। मन से काम करना सीखना होगा, मशक्कत से काम करना सीखन...
- क्या हिंदुओं के लड़के पढ़े-लिखे हैं?...? क्या हिंदुओं के लड़कों के दिमाग सातवें आसमान पर नहीं हैं? क्या हिंदुओं के लड़कों को बहस करना आ गया? मु...
- क्या हिंदुओं के लड़कों के दिमाग सातवें आसमान पर नहीं हैं?...? क्या हिंदुओं के लड़कों को बहस करना आ गया? मुसलमान के लड़कों को बहस करना नहीं आया? उनको भी आता है।आप सि...
- क्या हिंदुओं के लड़कों को बहस करना आ गया?...? मुसलमान के लड़कों को बहस करना नहीं आया? उनको भी आता है।आप सिखों के कॉलेजों में जाइए। वहाँ के सारे के ...
- क्या हिन्दुओं के लड़के पढ़े-लिखे हैं?...? क्या हिन्दुओं के लड़कों के दिमाग सातवें आसमान पर नहीं हैं? क्या हिन्दुओं के लड़कों को बहस करना आ गया? ...
- क्या हिन्दुओं के लड़कों के दिमाग सातवें आसमान पर नहीं हैं?...? क्या हिन्दुओं के लड़कों को बहस करना आ गया? मुसलमान के लड़कों को बहस करना नहीं आया? उनको भी आता है।आप स...
- क्या हिन्दुओं के लड़कों को बहस करना आ गया?...? मुसलमान के लड़कों को बहस करना नहीं आया? उनको भी आता है।आप सिक्खों के कॉलेजों में जाइये। वहाँ के सारे ...
- क्या हिन्दुस्तान का अध्यात्म यही है?...? क्या हिन्दू धर्म यही है? क्या हिन्दुस्तान का पूजा-पाठ यही है? इसे देखकर हमको बड़ा दुःख होता है और...
- क्या हिन्दुस्तान का पूजा-पाठ यही है?...? इसे देखकर हमको बड़ा दुःख होता है और बड़ी नफरत होती है कि अगर ऐसे ही लोगों का, इन्हीं लोगों का नाम ...
- क्या हिम्मत करें?...? ये हिम्मत करें कि ऊँचे उठने वाले जिस तरीके से संकल्प बल का सहारा लेते रहे और हिम्मत से काम लेते रहे,...
- क्या हिम्मत करें?...? यह हिम्मत करें, कि ऊँचे उठने वाले जिस तरीके से संकल्प बल का सहारा लेते रहे हैं और हिम्मत से काम ले...
- क्या हिम्मत करें?...? ये हिम्मत करें कि ऊँचे उठने वाले जिस तरीके से संकल्पबल का सहारा लेते रहे हैं, और हिम्मत से काम लेते ...
- क्या हुआ काली के भीतर?...? काली के भीतर प्राण फूँक दिया। किसने प्राण फूँका? रामकृष्ण परमहंस ने। वो सिद्ध देवी थी? हाँ, वो सिद्ध...
- क्या हुआ था उनका?...? उनके तीन कर्म हुए थे। मालवीय जी को सबसे पहले पंचकर्म करने पड़े थे। पंचकर्म किसे कहते हैं? पंचकर्म कहत...
- क्या हुआ था है?...? हमारा जन्म हुआ था। नए युग का जन्म होने जा रहा है। दो बातें होनी हैं- एक युग- निर्माण की, दूसरा निर्म...
- क्या हुआ था?...? हमारा जन्म हुआ था। नए युग का जन्म होने जा रहा है। दो बातें होनी हैं—एक युग निर्माण की, दूसरा निर्माण...
- क्या हुआ लेखनी का?...? क्या लेखनी बेकार है? नहीं बेटे! बेकार नहीं है। वह जानकारी देने में समर्थ हो सकती है। जीभ का भी यही ह...
- क्या हुआ लेखनी का?...? क्या लेखनी बेकार है? नहीं बेटे! बेकार नहीं है। वह जानकारी देने में समर्थ हो सकती है। जीभ का भी यही ह...
- क्या हुआ लौंग निकालने से?...? हम कहें सिद्धि ही सही, पर कौन-सी सिद्धि है? जिससे इनसान में कोई परिवर्तन नहीं हुआ, उसके हृदय का परिव...
- क्या हुक्म है आपका?...? हमारा विवाह करा दीजिए। अरे नारद! तू बूढा हो गया है, मरने के दिन आ गए। अब तू विवाह करके क्या करेगा? न...
- क्या है उनकी बात?...? उनकी बात यह है कि वे पहले बनारस में थे और वकालत करते थे। वकील थे। कालाकाँकर महाराज को ऐसे ही पण्डि...
- क्या है गंगाजल?...? पानी है! नहीं महाराज जी! यह तो गंगाजल है। नहीं, पानी है, इसको मरे हुए व्यक्ति पर डाल देना, इसका उद्ध...
- क्या है तप?...?
यह कैसे हो सकता है? इसका एक तरीका है, जिसका नाम है—तप। हमारे भीतर दो चीजें हैं। एक चीज जो हमा...
- क्या है तितिक्षा?...?
मित्रो! तेल से मेरा क्या मतलब है, आप समझते नहीं हैं। इससे मेरा मतलब है कि आपका जो दीपक जलने वाल...
- क्या है पहचान की आपकी गति ठीक बन रही है कि नहीं?...? क्या पहचान है इसकी कि स्पीड (गति) इतनी होती है, न वह मन्द, न वह तेज की हम पहला अक्षर और अन्तिम अक्षर...
- क्या है भगवान?...?
भगवान को आप पकड़ लें तब? भगवान क्या है? भगवान एक करेंट है। तो क्या होगा? तो वह करेंट आपको भी ...
- क्या है यह?...? यह प्रतीक पूजन है। वस्तुतः कागज में कुछ भी नहीं है। कागज के पीछे जो व्यक्ति है, उसमें आपकी गहन श्रद्...
- क्या है ये?...? लक्ष्मण जी के ब्रह्मचारी होने का सबूत है जिसकी वजह से वे इतना बड़ा काम करने में समर्थ हो सके।
ये स...
- क्या है, बताइए?...? उन्होंने कहा कि इनके खानदान वालों को इस बात की जरूरत हुई थी कि हमारा वंश डूब जाएगा तो कोई ऐसा खानदान...
- क्या है, बताइए?...? उन्होंने कहा कि इनके खानदान वालों को इस बात की जरूरत हुई कि हमारा वंश डूब जाएगा तो कोई ऐसा खानदान का...
- क्या है, बताइये?...? रविवार का दिन है। इन्होंने सुबह ही सब इंतजाम कर रखा है। ये लोग वकील, मुंशी आदि बहुत बड़े लोग हैं और ...
- क्या हो गए?...? प्रधानमंत्री हो गए और कहाँ-से-कहाँ पहुँच गए!
मित्रो ! जिन्होंने समय को देखा, समय की पुकार सुन...
- क्या हो गए?...? प्रधानमंत्री हो गए और कहाँ से कहाँ पहुँच गए।मित्रो! जिन्होंने समय को देखा, समय की पुकार सुनी और समय ...
- क्या हो गया?...? बीबी आ गई, फिर बच्चे पर बच्चा आ गया। अरे महाराज जी! ये क्या हुआ? ये तो बच्चों की परेशानी आ गई। बेटे ...
- क्या हो गया?...? हम जंजाल में फँस गए। जंजाल किसे कहते हैं? माया को। माया किसे कहते हैं? बेवकूफी को। बेवकूफी किसे कहते...
- क्या हो गया?...? गोली खा करके हैरानी से भरी हुई इस दुनियाँ से, दुख से, अशान्ति से भरी हुई दुनिया से, क्लेश से भरी ह...
- क्या हो गया?...? कैसे बैठे हो साहब! डॉक्टर ने दवाई बता दी। क्या नाम बताया? स्ट्रेप्टोमाइसिन। स्ट्रेप्टोमाइसिन के इंजे...
- क्या हो गया?...? लकवा हो गया। चलिए, अरे साहब! चलें क्या, लँगड़ाकर चलते हैं। यह क्या है? लकवा है। एक और भी लकवा होता ह...
- क्या हो गया?...? बीबी आ गई, फिर बच्चे पर बच्चा आ गया। अरे महाराज जी! ये क्या हुआ? ये तो बच्चों की परेशानी आ गई। बेटे ...
- क्या हो गया?...? राक्षसों ने हमको मारा। राक्षस क्यों मार सकते हैं? तुम तो देव हो। तुम्हारे पास तो वेदों का ज्ञान है। ...
- क्या हो जाता?...? नौ बेटे और ग्यारह बेटियाँ होतीं। एक बच्चा गोद में बैठा होता, तो एक सिर पर बैठा होता और एक माँ के प...
- क्या हो जाता?...? नौ बेटे और ग्यारह बेटियाँ होतीं। एक बच्चा गोद में बैठा होता तो एक सिर पर बैठा होता और एक माँ के पेट ...
- क्या हो रहा था?...? भगवान की नाक काट रहा था और ये क्या कर रहा था? भगवान की गरदन को ऐसे-ऐसे कर रहा था। मैंने कहा—अरे बाबा...
- क्या हो रहा है?...? अरे साहब। भागवत् कही जा रही है। पण्डित जी कह रहे हैं और चेला जी सुन रहे हैं। पण्डित जी कह रहे हैं कि...
- क्या हो रहा है?...? यह सारी की सारी वही गुरुसत्ता की शक्ति छाई हुई है, जो किसी के मुँह पर मलीनता भी नहीं है। चेहरा गुलाब...
- क्या हो सकता है?...? वैकुंठ जाना पड़ेगा। अच्छा! और? स्वर्गलोक जाना पड़ेगा। अच्छा! और? मुक्ति मिलेगी और स्वर्ग मिलेगा और श...
- क्या हो सकता है?...? व्यक्ति के भीतर, परिवार के भीतर और समाज के भीतर हम प्रज्ञावतार का विस्तार करने जा रहे हैं।
...
- क्या हो सकता है?...? आपने अपने मुँह में घास भर रखी है, उसको हटाइए ताकि आपको दूध पीने का मौका मिले। आप अपनी वासनाओं और तृष...
- क्या हो सकता है?...? यह मैं थोड़ी देर में बताऊँगा। कि पारस क्या हो सकता है? पारस छूना स्वीकार करा लिया समर्थ गुरु रामदास न...
- क्या होगा इससे?...? मित्रो, आने वाले समय में शक्तियों में बिजली की शक्ति, एटम की शक्ति, पैसे की शक्ति, अकल की शक्ति पीछे...
- क्या होगा इससे?...? मित्रों, आने वाले समय में शक्तियों में बिजली की शक्ति, एटम की शक्ति, पैसे की शक्ति, अकल की शक्ति पी...
- क्या होता रहा है?...? मेरे गुरु मुझे बराबर अनुदान, देते चले गए। पैसे की दृष्टि से जब उनने जान लिया कि इस आदमी के हाथ में प...
- क्या होता है बनाना और क्या होता है बिगाड़ना?...? तू बिगाड़ रहा है, अपने बच्चों को बिगाड़ रहा है, हम सारे संसार को बना रहे हैं, विस्तार करके दिखा रहे ...
- क्या होता है बनाना और क्या होता है बिगाड़ना?...? तू बिगाड़ रहा है, अपने बच्चों को बिगाड़ रहा है, हम सारे संसार को बना रहे हैं, विस्तार करके दिखा रहे ...
- क्या होता है भजन?...? बकवास को भजन कहते हैं? अक्षरों के उच्चारण को भजन कहते हैं? अक्षरों के उच्चारण को भजन किसने कहा था? भ...
- क्या होता है लोगों को?...? आपका ये ख्याल है कि लोगों की सांसारिक दिक्कतें और सांसारिक कठिनाइयाँ होने की वजह से आदमी की जीवात्मा...
- क्या होता है?...? इसमें गला फूलकर मोटा हो जाता है। मालूम पड़ता है कि जाने कहाँ से माँस आ गया? यह कहाँ से आता है? हवा मे...
- क्या होता है?...? हमारा अहं तृष्णा के रूप में जब विकसित होता चला जाता है, तो अनेक चीजों को मेरी-मेरी कहता हुआ चला जाता...
- क्या होता है?...? बेटे! हमारे हृदय में अग्नि जैसी धधकती है और हमको यह मालूम पड़ता है कि उनकी बेटियों के ऊपर नहीं, हमार...
- क्या होना चाहिए था?...? प्रायश्चित की परम्परा चलनी चाहिए थी। प्रायश्चित की परम्परा में सबसे अच्छा प्रायश्चित चांद्रायण व्रत के...
- क्या होना चाहिए?...? इस तरह का होना चाहिए जैसा कि नारद जी ने समझा दिया था डाकू को। अरे बेटे! तू राम का नाम ले और ये क्या ...
- क्या होना चाहिए?...? बालकों को गुब्बारे के अलावा टॉफी और चाकलेट के अलावा कुछ नहीं मालूम। उनसे कुछ काम नहीं होने वाला। वे ...
- क्या होने जा रहा है?...? क्या बन रहा है? क्या बिगड़ रहा है? इसका ठीक तरह सही स्वरूप देख पाना सर्वसाधारण के लिए सम्भव नहीं। दो...
- क्या होने वाला है?...? देखिए हमारा बड़ा घाव बना दिया और खून निकल रहा है और हम मरने वाले हैं। दूसरी एक और तरह की शिकायत होती ...
- क्या होने वाला है?...? अगले दिनों क्या स्थापना होने वाली है? अगले दिनों विवेकशीलता की स्थापना करने से डरने वाली नहीं हैं। ह...
- क्या, आपको नहीं मालूम?...? बेटा मुझे एक ही मालूम है कि जिसके साथ हम जुड़े हुए हैं हमको पूरा विश्वास और पूरी श्रद्धा है, टस से म...
- क्या- क्या कहा?...? किसी ने उसे डाकिन बताया है। नागिन बताया है। सर्पिणी बताया है, चुड़ैल बताया है और न जाने क्या- क्या ...
- क्या- क्या काम करूँ?...? बेटे, पहला काम तो यह कर कि एक बँटवारा कर दे। किसका बटवारा करूँ? इस चीज का बटवारा कर दे कि तेरी दुक...
- क्या- क्या काम सुपुर्द किये हैं?...? पहला काम तो हमने नालन्दा विश्वविद्यालय के तरीके से, तक्षशिला विश्वविद्यालय के तरीके से एक लाख धर्म प...
- क्या- क्या मनोकामना पूरी करें?...? बेटा पैदा कीजिए, बेटी पैदा कीजिए, मुकदमा जिताइए। नौकरी में प्रमोशन करवाइए। आपने पहले क्यों नहीं ...
- क्या- क्या हैं- जरा बताइये?...? अच्छा लीजिए, गायत्री का संक्षिप्त अर्थ बताता हूँ।मित्रो! लम्बे अर्थ जानना हो तो ‘‘गायत्री मंत्रार्थ’...
- क्या-कैसे हुआ था?...? मथुरा जिले में एक कोशी नाम की जगह है। उसके पास जंगल में एक महात्मा रहते थे, तपसी बाबा उनका नाम था। त...
- क्या-क्या आन्दोलन चल रहे हैं, किन-किन कठिनाइयों का सामना करके आप आए हैं?...? जो गाड़ी 24 घण्टे में आती है, वह 60-61 घण्टे में आई है। यह क्या है? बेटे ! जरा बताना?
यह उस व्यथा क...
- क्या-क्या उद्योग चलाए थे उन्होंने बताना जरा?...? फैक्ट्रियाँ खोली थीं? कारखाने खोले थे? सुदामा जी की कहीं फैक्ट्रियाँ नहीं थीं और न कारखाने ही। लेकिन...
- क्या-क्या और किस-किस की दवाई बना रहे हे?...? अरे साहब! यह दमे की दवाई है। हमने इसमें संखिया मिलाया हुआ है। अरे हकीम साहब! हमें संखिया खिलाकर मार ...
- क्या-क्या और किस-किसकी दवाई बना रहे हैं?...? अरे साहब! यह दमे की दवाई है। हमने इसमें संखिया मिलाया हुआ है। अरे हकीम साहब! हमें संखिया खिलाकर मार ...
- क्या-क्या कथाएँ कहते हैं?...? इसके क्या-क्या नाम हैं? सत्संगों के लिए कितने भवन बने हुए हैं? जहाँ प्रवचनों की कोई कमी नहीं है। ए...
- क्या-क्या कर सकता है?...? शरीर के अंगों का इस्तेमाल करना जरूरी है। आलस्य में पड़े हुए, प्रमाद में पड़े हुए नब्बे फीसदी लोग जिं...
- क्या-क्या कर्मकाण्ड कराए थे?...? भगवान से इनका कोई ताल्लुक नहीं है। यह सब आपकी मर्जी के ऊपर है। यह अपने मन की हिफाजत के लिए और मन को ...
- क्या-क्या किया करेंगे?...? तीन काम वो हैं, जो हम बहुत पहले सिखा चुके हैं। उनको आप जीवन्त करें। अब तक क्या है? अब तक वे म...
- क्या-क्या किया था उसने?...? पैसा कहाँ से लाया था? बेटे, हम नहीं जानते कहाँ से लाया था। लेकिन हम यह जरूर जानते हैं कि चाणक्य ने इ...
- क्या-क्या खाता है?...? कुछ और रह गया हो, तो उसे भी खा जा। इसका मतलब यह हुआ कि जिस दिन उपवास रखता है, उस दिन जो कोई भी चीज ज...
- क्या-क्या चीजें बदल जाएँ?...? बस एक ही चीज बदल जाए और वह यह कि महत्त्वाकांक्षाओं का प्वाइंट बदल जाए।इन दिनों मनुष्य को भौतिक इच्छा...
- क्या-क्या चीजें होती हैं, जो हाथ से घुमाई जाती हैं?...? बेटे, यह सब मैटेरियल है, जो मैटेरियल या भौतिक चीजें हैं, उनके उपयोग का क्या उद्देश्य होना चाहिए? साह...
- क्या-क्या जेवर बनाने हैं?...? बहुत बढ़िया वाले जेवर बनाने हैं। तो सोने से यों ही बनाइए न? नहीं साहब! जब तक तपाएँगे नहीं, गलाएँगे न...
- क्या-क्या दवाइयाँ डाली जाती हैं और कैसे बनाई जाती हैं?...? यह जानकारी अगर आपको हो जाय, तो क्या कोई फायदा आपको मिल सकता है? च्यवनप्राश का एक डिब्बा आप ले आयें...
- क्या-क्या दवाएँ बेचते हैं?...? हम तो टॉनिक बेचते हैं। अहहा और क्या बेचते हैं? सब बीमारी की दवा बेचते हैं। अच्छा तो आप अपने खानदान व...
- क्या-क्या दवाएँ बेचते हैं?...? हम तो टॉनिक बेचते हैं। अहहा और क्या बेचते हैं? सब बीमारी की दवा बेचते हैं। अच्छा तो आप अपने खानदान व...
- क्या-क्या दिया विश्व को भारतवासियों ने?...? शिक्षा दी, संस्कृति दी, स्वास्थ्य दिया, चिकित्सा दी, समाज विज्ञान दिया, कृषि दी, पशुपालन दिया। जो कु...
- क्या-क्या बता दिए हैं?...? मैंने तो आपको बी0ए0, एम0ए0 तक की पढ़ाई बता दी है; पर मान लीजिए बी0ए0, एम0ए0 तक की न आती हो, पहले दर्ज...
- क्या-क्या रखते हैं?...? धूपबत्ती रखते हैं, चन्दन रखते हैं, रोली रखते हैं, अक्षत रखते हैं, दीपक रखते हैं। आपकी परिभाषा के मुता...
- क्या-क्या शिक्षण करेंगे इस ब्रह्मवर्चस में जिसका, उद्घाटन कराया है आपसे?...? बेटे इसके पीछे हमारे बड़े-बड़े ख्वाब हैं। यद्यपि कम्पनी जरा-सी है, कारखाना जरा-सा है, इमारत जरा-सी है,...
- क्या-क्या सम्पत्ति है हमारे पास?...? हमारी सम्पत्ति है-श्रम। श्रम को हमने किसके लिए खर्च किया है? बेटे, सारे का सारा श्रम इस शरीर के लि...
- क्या-क्या सामान देता है?...? पिता क्या देता है? पिता बेटे की पढ़ाई के लिए फीस देता है, अपनी कमाई का मकान देता है और तेरी औरत को ज...
- क्या-क्या सौंप दिया भार?...? बिना बना मकान पड़ा है, अधूरा है। इसको बनवाना भगवान् तुम्हारे हाथों में है। भगवान तुम्हारे हाथों में स...
- क्या-क्या हैं, भौतिक लाभ?...? भौतिक लाभों में बताया गया है, आयु: आदमी का दीर्घजीवन। आदमी गायत्री उपासना से दीर्घजीवी बन सकते हैं त...
- क्या-क्या हैं, भौतिक लाभ?...? भौतिक लाभों में बताया गया है आयुः-आदमी का दीर्घजीवन।...
- क्या-क्या, फायदे हो सकते हैं?...? त्रिपदा को कल्पवृक्ष, अमृत और पारस—इन तीन नामों से पुकारा गया है। क्यों साहब! ये तीनों चीज कहाँ रहती...
- क्यों होते हैं?...? फेफड़े भीतर से कमजोर होते हैं, इसलिए हमले होते हैं। आपके भीतर वाला माद्दा जब कमजोर होता है तो इस...
- क्यों महाराज जी, आपने तो गोपियों वाली रासलीला और वह कपड़े चुराने वाली लीला देखी है?...? नहीं बेटे, यह रासलीला हमको नापसन्द है, क्योंकि यह समाज में अनाचार फैलाती है, समाज में भ्रष्टाचार फै...
- क्यों मान ली?...? वह संकल्पवान था। संकल्पवान नहीं होता तब? ऐसे ही व्याख्यान करता फिरता तब? हरे पेड़ लगाइये, हरियाली उ...
- क्यों 6 घण्टे जगेंगे?...? सरस्वती देवी का मंत्र जपेंगे और थोड़े दिन में विद्वान हो जाएँगे। बेटे, ऐसा नहीं हो सकता।
साहब! आ...
- क्यों अगर तू खाना नहीं खाएगा तो भगवान को क्या मिलेगा?...? इसलिए क्या है बेटे! जिस भावी तपस्वी जीवन की योजना को हम कार्यान्वित करने जा रहे हैं, वह हमारे रजत जय...
- क्यों अच्छा कर दें?...? गुरु जी! आपकी शाखा बन्द हो जाएगी? क्यों? क्यों हमारी शाखा बन्द हो जाएगी? गुरुजी! हमारी मौसी को जुकाम...
- क्यों अच्छा नहीं हुआ?...? कल तो हमने आपको बता दिया था और आप भी कह रहे थे कि सत्य वचन महाराज। फिर क्यों अच्छा नहीं हुआ? अरे मह...
- क्यों अच्छे लड़के के पास जाता है और खुशामदें करता है, पैर पकड़ता है, मिन्नतें भी करता है, ऐसा क्यों होता है?...? सिर्फ एक ही वजह है कि दामाद इस लायक हो, उसके अन्दर इतनी पात्रता हो कि उस लड़की का गुजारा कर सके, उस लड़...
- क्यों अपना सामान्य क्रम छोड़ बैठती हैं?...? उन्हें कैसे इस असामान्य व्यवहार से रोका जा सकता है? लम्बी माथापच्ची के बाद भी ये प्रश्न जैसे के तैसे...
- क्यों अपने लिए ही तो खरच नहीं करते हैं?...? नहीं साहब! इतना पैसा हम अकेले में कैसे खरच करेंगे? हमें अपनी बहन को भेजना पड़ता है।
साथियो! ज...
- क्यों अभ्यास कर रहे हैं?...? इसलिए अभ्यास कर रहा हूँ कि इस संसार में भगवान के तीन दुश्मन हैं और जब कभी भी मिलेंगे, तो तलवार लेकर ...
- क्यों आ जाएगी?...? क्योंकि लेना भी आदमी का फर्ज है और देना उससे भी बड़ा फर्ज है।यह समाज का चक्र है, जो इसी तरह से घूम रह...
- क्यों आ जाती है?...? उद्धार कैसे हो सकता है? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए?? उनका समाधानभी उसी श्लोक ...
- क्यों आ जाती है?...? उद्धार कैसे हो सकता है? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए। उनका समाधान भी उसी श्लोक ...
- क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती है?...? आरती क्यों उतारी जाती है? और घी में हाथ क्यों मला जाता है? भस्म क्यों लगाई जाती है? ये सारे के सारे ...
- क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती है?...? आरती क्यों उतारी जाती है? और घी में हाथ क्यों मला जाता है? भस्म क्यों लगाई जाती है? ये सारे के सारे ...
- क्यों आती है अहिंसा?...? यह कौन सी वाली अहिंसा है, जिसमें डाकुओं को छूट, दुष्टों को छूट, बेईमानों को छूट, अत्याचारियों को छ...
- क्यों आते हैं आप?...? आप हमारे प्यार की कशिश से खिंचे हुए चले आते हैं।मित्रो! प्यार की यह कशिश आप पैदा कर सकते हैं? हाँ, आ...
- क्यों आने वाले हैं?...? इसलिए आने वाले हैं कि जनसंख्या बेहद बढ़ती चली जा रही है। जनसंख्या का पृथ्वी पर बढ़ना एक बहुत बड़ा जुर्म...
- क्यों आप इतना बड़ा शब्द बोलती हैं?...? अरे बेटो! तुम साथ में नहीं रहे। जिन्दगी का कितना बड़ा अरसा मैंने उनके साथ बिताया है। आप उन गहराइयों ...
- क्यों आप सम्पन्न अनुभव नहीं कर सकते?...? आप गरीबी को छोड़ दीजिए, और अमीरी यहाँ से ले के जाइए। बदल जाइए, आप गरीबी की बात छोड़ दीजिए। उस लिस्ट क...
- क्यों आप सम्पन्न अनुभव नहीं कर सकते?...? आप गरीबी को छोड़ दीजिये और अमीरी यहाँ से लेकर जाइये, बदल जाइये। आप गरीबी की बात छोड़ दीजिये। उस लिस्ट ...
- क्यों आपका नुकसान करूँगा?...? क्या मुझे कोई महान बनना है? मुझे कोई कमीशन लेना है? कोई मैं एजेण्ट बनूँगा जो मैं उसकी खुशामद करूँगा?...
- क्यों आपकी सहायता करेगा?...? आस बिरानी जो करै, जीयत ही मर जाये। यह इतिहास की कहावत है। अब ठीक है, वक्त मिल जायेगा तो सहायता मिल भ...
- क्यों आपकी सहायता करेगा?...? ‘‘आस बिरानी जो करे, जीयत ही मर जाये”, ये इतिहास की कथा है। अब ठीक है वक्त मिल जायेगा तो सहायता मिल भ...
- क्यों आपको देंगे?...? आप तो तीन साल से क्लास में फेल कर रहे हैं। हम तो क्लास में फर्स्ट होने वालों को देंगे। आपको नहीं दें...
- क्यों आये मालूम है न?...? माँगने के लिए आये। क्या माँगने के लिए आये? बच्चे माँगने के लिए आये। उन्होंने कहा— यज्ञ की रक्षा के ल...
- क्यों इसमें घी डाली जाती है?...? क्यों लकड़ी डाली जाती है? क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती है? आरती क्यों उतारी जाती है? औ...
- क्यों इसमें घी डाली जाती हैं?...? क्यों लकड़ी डाली जाती है? क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती है? आरती क्यों उतारी जाती है? औ...
- क्यों इसी को उपासना कहते हैं?...? उपासना तो बेटे, उस चीज का नाम है जिसका कल मैं उदाहरण दे रहा था। गर्मी और सर्दी के पास हम बैठते हैं त...
- क्यों उनकी क्या विशेषता थी?...? एक तो यह कि उन्होंने समय को पहचान लिया कि यह सही समय है। सीता जी वापस आ जातीं, तब कोई हनुमान कहता कि...
- क्यों उनके चमत्कार हमें दिखाई नहीं पड़ते?...? जबकि शंकर भगवान के भक्त जिन्होंने क्या से क्या अनुदान प्राप्त किए हैं जो भी तप करने के लिए खड़ा हो गय...
- क्यों उनके चमत्कार हमें दिखाई नहीं पड़ते?...? जबकि शंकर भगवान के भक्त जिन्होंने क्या से क्या अनुदान प्राप्त किए हैं, जो भी तप करने के लिए खड़ा हो ग...
- क्यों उस मूर्खता को दुत्कार नहीं देता?...? रात्रि स्वप्नों को ही आमतौर से चर्चा का विषय बनाया जाता है। सोकर उठने के उपरान्त उन्हें याद किया और ...
- क्यों उसे मिथ्या नहीं बताता?...? क्यों उस मूर्खता को दुत्कार नहीं देता?रात्रि स्वप्नों को ही आमतौर से चर्चा का विषय बनाया जाता है। सो...
- क्यों उसे वासना, तृष्णा और अहंता के लौहपाशों में जकड़ जाने पर बन्दीगृह के कैदी जैसी विडम्बनाएँ सहनी पड़ें?...? क्यों मरघट में रहने वाले व्यक्तियों जैसा नीरस, निष्ठुर और हेय जीवन जीना पड़े? क्यों डरती-डराती और रो...
- क्यों और कैसे?...? क्यों और कैसे? का सवाल उठता चला आ रहा है। जनेऊ के बारे में, यज्ञोपवीत के बारे में आपको ये क्यों और क...
- क्यों कर रोकेगा?...? कल मैंने उदाहरण दिया क्या है साहब! आज मंगल है, बड़ी अच्छी बात है, मंगल है तो मेरा उपवास है, आज हनुमा...
- क्यों करता हूँ?...? उनके पीछे वो विचार जुड़ा हुआ नहीं है। कौन-सा? जो दूसरे देवी-देवताओं के पीछे जुड़ा होता है।रामचन्द्रजी ...
- क्यों करते हैं आप ऐसा?...? आप सिगरेट पीना चाहते हैं, कोको-कोला पीना चाहते हैं, इसीलिए पीना चाहते हैं न कि आप कमा करके लाते हैं ...
- क्यों करना पड़ रहा है?...? इसके सम्बन्ध में एक बात बहुत जोर देकर कही जाती है कि मनुष्यों की जनसंख्या बेहिसाब बढ़ रही है। उनके ल...
- क्यों करना पड़ेगा?...? जब आपने गुनाह किया है, तो उसकी सजा तो आपको ही भुगतनी पड़ेगी। आपने बच्चे पैदा किए हैं न, तब सजा भी भुग...
- क्यों कराएँगे अनुष्ठान?...? आप अपने ही घर में क्यों नहीं अनुष्ठान करेंगे और अपने ही घर में क्यों नहीं कमा लेंगे? मुझसे क्यों माँ...
- क्यों कराते हैं?...? इसलिए कराते हैं कि आपके हाथ से भगवान चला गया है और आपने भगवान को गँवा दिया है, भगवान को खो दिया, अपन...
- क्यों करूँ मैं भगवान् की खुशामद?...? नाक मैं किसी के सामने भी नहीं रगड़ सकता। भगवान् के सामने भी नहीं। भगवान् अपने घर के हैं, तो मैं अपने ...
- क्यों कहते थे?...? इसलिए कहते थे कि वे थोड़ा लिया करते थे और ज्यादा दिया करते थे। ब्राह्मण ने थोड़ा-सा खा लिया, सन्तोष से ...
- क्यों कहते हैं?...? इसलिए कहता हूँ कि सिद्धान्त के लिए, आदर्शों के लिए, आदमी का ज्ञान सम्वर्द्धन करने के लिए जो विचारणा, भ...
- क्यों कहा करते हैं यह मैंने उनसे कहा?...? मुझे बहुत बुरा लगता है। मुझे बहुत असहनीय लगता है। मैं वेदना को सह नहीं सकूँगी, मेरे सामने मत कहिए। उ...
- क्यों कहा करते हैं, यह मैंने उनसे कहा?...? मुझे बहुत बुरा लगता है। मुझे बहुत असहनीय लगता है। मैं वेदना को सह नहीं सकूँगी, मेरे सामने मत कहिए।
...
- क्यों किताब खरीदेंगे?...? क्यों मास्टर के पास जाएँगे? क्यों 6 घण्टे जगेंगे? सरस्वती देवी का मंत्र जपेंगे और थोड़े दिन में विद्व...
- क्यों कोई कहीं डकैती डालेगा?...? नहीं मित्रो, कोई नहीं करेगा। इनसान के सामने कोई समस्या नहीं रहेगी। उसके भावनाओं में परिवर्तन आयेगा। ...
- क्यों क्या बात थी कि 'छह महीने जागूँ और एक दिन सोऊँ' का वरदान न माँग सका?...? अकल खराब थी उसकी। उसके मुँह से निकल गया कि 'छह महीने सोऊँ और एक दिन जागूँ।' वह छला गया। अगर वह नेपो...
- क्यों क्या हुआ?...? उन्होंने कहा—पिछले वर्ष मैं आया था, तो आपने कहा था कि उस किसान को तीन जन्म तक बच्चा नहीं होने वाला ह...
- क्यों खरच हुए?...? बेटे! आप जानते नहीं। उन्होंने अपने लिए नहीं किया था, अपितु अपने गुरु के लिए मारे-मारे फिरे और देश-वि...
- क्यों खाने गया था जूठन?...? इसलिए जूठन खाने गया था कि वो दुनिया को साबित करना चाहता था कि भक्त बड़ा होता है और भगवान छोटा होता है...
- क्यों खेती-बारी करूँगा?...? गाँधी जी की तरह से मेरे ऊपर रुपया ही बरसेगा। फिर चाहे जो करूँगा और चाहे जो लाऊँगा।
मित्रो! एक दि...
- क्यों गरीबी की जिन्दगी जी?...? दो हजार रुपये में हमने क्यों जिन्दगी जी? एक-एक पैसा हमने, यह समझकर रखा कि, यह कितना कीमती है। हम अपने...
- क्यों गढ़ी हैं?...? इसलिए गढ़ी है, ताकि उसकी जो फिलॉसफी है, उसको समझने में हमें सरलता पड़े। सिद्धान्तों से मोहब्बत अभी आ...
- क्यों घर छोड़ने की आवश्यकता थी?...? क्यों बच्चे छोड़ने की आवश्यकता थी? क्यों जिस दिन से आए, तो उधर मुँह करके भी नहीं देखा? आखिर क्यों आव...
- क्यों चक्कर काटते फिरते हैं?...?...
- क्यों चढ़ा रहे हैं?...? अरे महाराज जी! जरा खेल तो देखिए। मेरा चमत्कार तो देखिए। दिखा, क्या चमत्कार दिखाएगा? सावन के महीने मे...
- क्यों चली जाएगी?...? क्योंकि हमारा मन और हमारा अन्त:करण सारे में व्याप्त रहता है।
जैसे चुम्बक होता है, लोहे को अपनी तरफ...
- क्यों चाहते हैं आप?...? इसलिए चाहते हैं कि हम आपको कुछ देना चाहते हैं, अगर आप दे नहीं पाएँगे, तो हम भी नहीं दे सकेंगे। नहीं ...
- क्यों चाहते हैं आप?...? इसलिए चाहते हैं कि हम आपको कुछ देना चाहते हैं, अगर आप दे नहीं पाएँगे, तो हम भी नहीं दे सकेंगे। नहीं ...
- क्यों चिल्लाता है?...? हमार मन। हम तो लड़ेंगे। अच्छा, लड़ेगा। वह कर रहा था गोबर। एक ने पूछा—ये क्या करता है? गोबर काहे को करत...
- क्यों चिढ़ है?...? इसलिए कि मैंने हजारों बार कहा है, लाखों बार कहा है कि आदमी के ईमान को बदल देने का नाम अध्यात्म ह...
- क्यों जिस दिन से आए, तो उधर मुँह करके भी नहीं देखा?...? आखिर क्यों आवश्यकता थी? कोई आवश्यकता नहीं थी। जैसे आप अपने घर-गृहस्थी में लिप्त हैं। ऐसे वे भी रहते,...
- क्यों जोखिम उठाएँगे?...? परन्तु अवतार कहता था कि आपको करना चाहिए। उन छोटे-छोटे लोगों में उमंगें थी। उन्होंने वैसा किया। इसी प...
- क्यों डरती-डराती और रोती-रुलाती जिन्दगी जीनी पड़े?...? इस संसार में अन्धकार भी है और प्रकाश भी; स्वर्ग भी है और नरक भी; पतन भी है और उत्थान भी; त्रास भी है...
- क्यों तलाश करता है दामाद को, जब आपके पड़ोस में ही पचास दामाद इसके लिए तैयार हैं कि हम भी आपके जमाई बनेंगे, अपनी लड़की दे दीजिए, फिर क्यों नहीं देता है?...? क्यों लड़ने-झगड़ने को तैयार हो जाता है? क्यों अच्छे लड़के के पास जाता है और खुशामदें करता है, पैर पकड़ता...
- क्यों तू कौन है?...? हमें चमत्कार दिखाना होगा, तो अपनी मरजी से दिखाएँगे, हमारा भगवान कहेगा तो दिखाएँगे। नहीं महाराज जी! ह...
- क्यों तू क्या करना चाहता है?...? मुझे क्या पता कब तक हो जाएगा? मित्रो! क्या करना पड़ेगा कि जब परम्पराएँ इस तरह की दिखाई पड़ती हों, तब आप...
- क्यों तो आपने जलाई है और फिर अशुभ कार्य क्यों किया है?...? आपने पाश्चात्य सभ्यता ले ली न।
जन्मदिन के माध्यम से हम उनके घर और कुटुम्ब वालों को वह शिक्षण दे सक...
- क्यों दिखाई नहीं पड़ता?...? आपके भीतर हम दियासलाई जलाते हैं, मगर उसमें तेल नहीं है। महाराज जी! हमारे अन्तःकरण में प्रकाश जला दीजि...
- क्यों दुनिया भर की चालाकी करते हैं?...? नहीं साहब! भजन में बड़ी ताकत है। कोई ताकत नहीं है। फिर किसमें ताकत है? मित्रो! भजन में अगर ताकत है त...
- क्यों दुनिया भर की चालाकी करते हैं?...? नहीं साहब! भजन में बड़ी ताकत है। कोई ताकत नहीं है। फिर किसमें ताकत है? मित्रो! भजन में अगर ताकत है तो...
- क्यों देता है बाप उस बेटे को?...? इसलिए देता है कि वह किसी ऐसे काम के लिए खरच करना चाहता है कि जिससे बाप की इज्जत, बाप की शान बढ़े। जि...
- क्यों देता है बाप उस बेटे को?...? इसलिए देता है कि वह किसी ऐसे काम के लिए खरच करना चाहता है कि जिससे बाप की इज्जत, बाप की शान बढ़े। जि...
- क्यों देते हैं?...? अरे बाबा! हमारे बाल-बच्चे भी तो हैं। दुकान का किराया भी तो देते हैं। फिर हम भी किसलिए बैठे हैं? हमने...
- क्यों ध्यान रखें?...? बार-बार आप क्यों ध्यान रखने के लिए कहते हैं? बार-बार इसलिए कहते हैं कि आपने जो बहुत दिनों से सीखा है...
- क्यों न अपने परिवार देवता की मनुहार करने और मनौती मनाने में जुटा जाय?...? क्रान्तिकारी कार्लमार्क्सों का उदय होने में देर लगती दीखे तो घरेलू प्रज्ञा पुस्तकालयों के सहारे विचा...
- क्यों न उस विशिष्टता के आधार पर लोकमंगल की सामयिक एवं महत्त्वपूर्ण आवश्यकताओं को पूरा किया जाय?...? पुरातन काल की ऋषि परम्परा यही थी। आत्मबल के धनी एक-एक महामानव ने अपने उपार्जन को सत्प्रवृत्ति सम्वर्...
- क्यों न जन सम्पर्क में उतरा जाय?...? क्यों न पुरातन काल जैसी घर-घर अलख जगाने वाली प्रक्रिया को पुनर्जीवित किया जाय? यह हो सकता है। यही हो...
- क्यों न पुरातन काल जैसी घर-घर अलख जगाने वाली प्रक्रिया को पुनर्जीवित किया जाय?...? यह हो सकता है। यही होना भी चाहिए। प्रश्न एक ही रह जाता है कि इसे करे कौन? इसका उत्तर पाने के लिए भी ...
- क्यों नहीं अपनी माँ की छवी में अपने गुरु को देखते?...? जब आपके सामने एक मौजूद है तो फिर आपने उसमें गुरु को क्यों नहीं झाँका? आप झाँकिए और उनको अपना काम करन...
- क्यों नहीं आएँगी?...? बेटे ! अम्मा की उन्होंने सेवा की, हरिजन बस्ती में जाकर के उन्होंने जो शंख फूँका, शायद इसमें जो हमारे...
- क्यों नहीं आएँगी?...? तो उसकी जो उन्होंने सेवा की हरिजन बस्ती में जाकर के, उन्होंने जो शंख फूँका, शायद इसमें जो हमारे साथ ...
- क्यों नहीं आएँगे?...? इसलिए नहीं आएँगे कि तुलसीदास जी ने राम के नाम को ग्रहण करने के पश्चात राम की रीति-नीति से जीवनयापन क...
- क्यों नहीं उनकी शक्ति का लाभ मिलता?...? क्यों उनके चमत्कार हमें दिखाई नहीं पड़ते? जबकि शंकर भगवान के भक्त जिन्होंने क्या से क्या अनुदान प्राप...
- क्यों नहीं उनकी शक्ति का लाभ मिलता?...? क्यों उनके चमत्कार हमें दिखाई नहीं पड़ते? जबकि शंकर भगवान के भक्त जिन्होंने क्या से क्या अनुदान प्राप...
- क्यों नहीं कर सकते थे?...? कौन सी ऐसी वजह है जो आप नहीं कर सकते हैं? यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता है, क्या आप घर पर नहीं क...
- क्यों नहीं कर सकते?...? जल्दी सोओ, जल्दी उठो। नहीं महाराज जी! देरी से सोना हमारी आदत हो गई है।
आदत क्या होती है? धैर्य और ...
- क्यों नहीं करूँगी?...? क्योंकि उन्होंने कह दिया है कि मैं तुम्हारे अन्दर समाया हुआ हूँ। जब मेरे अन्दर पूर्ण समाए हैं तो बेटे,...
- क्यों नहीं गए आप?...? अब क्या शिकायत कर रहा है—कमजोर, कायर कहीं का। मित्रो! यह दिलेरों का, बहादुरों का, शूरवीरों का, साहसि...
- क्यों नहीं गए आप?...? अब क्या शिकायत कर रहा है-कमजोर, कायर कहीं का। मित्रो! यह दिलेरों का, बहादुरों का, शूरवीरों का, साहसि...
- क्यों नहीं गया?...? क्योंकि वह धन, जिसके पीछे श्रद्धा जुड़ी हुई नहीं है, जिसके पीछे प्रेम जुड़ा हुआ नहीं है। जिस पैसे के...
- क्यों नहीं चल रहे हैं?...? वे हमारे सामने नहीं बनेंगे, तो कब बनेंगे? इनको बनना चाहिए। बेटे! गुरुजी कई बार अपने भाषण में कड़क बा...
- क्यों नहीं चल सकता?...? उसने अपने आपको सीमाबद्ध कर दिया हैं। एक लेबोरेटरी—प्रयोगशाला में बैठा प्रयोग करता है। और हम! हम अन्ध...
- क्यों नहीं चलीं?...? इसलिए नहीं चलीं कि जितनी श्रद्धा होनी चाहिए, उस श्रद्धा का अभाव पाया गया। आप तो डाल-डाल और पात-पात प...
- क्यों नहीं चीरेंगे?...? क्या हम किसी कुत्ते से कम हैं ! जब कुत्ता कुत्ते को चीर सकता है, तब फिर आदमी आदमी को क्यों नहीं चीरे...
- क्यों नहीं चीरेंगे?...? क्या हम किसी कुत्ते से कम हैं! जब कुत्ता कुत्ते को चीर सकता है, तब फिर आदमी, आदमी को क्यों नहीं चीरे...
- क्यों नहीं निकालेंगे?...? अगर आप निकालेंगे नहीं तो एक दिक्कत आएगी आपको।
अगर आप बोएँगे नहीं तो कुछ पैदावार नहीं कर सकेंगे।...
- क्यों नहीं पनपेगा?...? जब तक हम सिद्धान्तवादी नहीं बनेंगे, तब तक यह पनपता ही रहेगा और बेचारे को उलटा-सीधा काम करना ही पड़ेग...
- क्यों नहीं पहचाना विराट स्वरूप को?...? आपने उन्हें अन्तरंग में क्यों नहीं बैठाया? जिसने अन्तरंग में बैठा लिया, बेटे, मैं कहूँगी कि वह हमारा ल...
- क्यों नहीं पैदा कर सकता?...? क्योंकि उसके अन्दर जो चुम्बकत्व होना चाहिए, मैग्नेट होना चाहिए, वह मैग्नेट उसके अन्दर नहीं होता, आप ...
- क्यों नहीं बोलती?...? ऐसे बोला जाता है। फिर ऐसे बोलने लगी कि बस गजब हो गया। व्याख्यान में भी कुछ होता है क्या? कुछ भी नहीं...
- क्यों नहीं बोलती?...? ऐसे बोला जाता है। फिर ऐसे बोलने लगीं कि बस गजब को गया। व्याख्यान में भी कुछ होता है क्या? कुछ भी नही...
- क्यों नहीं भरता?...? इसलिए नहीं भरता कि हमारी तृष्णाएँ, बालपन जितनी छोटी हैं। इसमें हम जितना पाते हैं, उसे खर्च नहीं कर...
- क्यों नहीं मिलता?...? क्योंकि बेटे, पत्नी में भावनाएँ हैं, त्याग है। पत्नी जब शादी होकर के आती है तो अपना सारा-का-सारा पिछ...
- क्यों नहीं मिलते हैं?...? गाँधी जी की सभा में लोग आते थे और नेहरू की सभा में जाते थे; लेकिन अब सभा में लोग क्यों नहीं आते, क...
- क्यों नहीं मिलेगा?...? क्योंकि आपने किसी एक का आँचल पकड़ा ही नहीं है। बेटे! आपको विश्वास ही नहीं है, आस्था ही नहीं है। डाल-...
- क्यों नहीं लगाएँगे?...? क्योंकि हमारे हाथ जो हैं। हमको पेंशन नहीं मिलती, तब भी तो हम खाते हैं कि नहीं खाते, तो आपका दिया हुआ...
- क्यों नहीं लगेगी?...? जो कुछ किया है, वह नम्र बनने के लिए नहीं किया। वह लोक-मंगल के लिए नहीं किया, लोकोपकार के लिए नहीं कि...
- क्यों नहीं है?...? क्योंकि यह गुड़-गोबर है। इससे आप लीपेंगे तो मक्खियाँ भिनकेंगी, पैर चिपक जाएगा। यह किसी काम का नहीं र...
- क्यों नहीं है?...? कितने क्रियाशील हैं। सम्पूर्ण विश्व के लिए जो उन्होंने बीड़ा उठाया है, सफल होंगे? हाँ, सफल होने चाहि...
- क्यों नहीं है?...? आप तो बना सकते हैं। हाँ, बना तो सकते हैं, इसमें कोई शक नहीं है, लेकिन तब बना सकते हैं, जबकि तेरे अन्...
- क्यों नहीं है?...? क्योंकि यह गुड़-गोबर है। इससे आप लीपेंगे तो मक्खियों भिनकेंगी, पैर चिपक जाएगा। यह किसी काम का नहीं रह...
- क्यों नहीं हो पाते?...? छुआछूत के नाम पर, लिंग भेद के नाम पर, दहेज के नाम पर आएदिन हमारी बच्चियाँ आत्महत्या करती हैं, जला दी...
- क्यों नहीं हो सकती?...? हमारी वाणी जल गई, क्योंकि हम विवाहित हैं और हमारे सौ बच्चे हैं। सौ बच्चे होने से हमारा ब्रह्मचर्य सम...
- क्यों नाराज हैं?...? आपने कहा था मन्दिर बना दीजिए। नहीं, मन्दिर नहीं कहा था हमने। हमने उनको ये कहा था कि आप ज्ञान मन्दिर ...
- क्यों निभायेंगे आप?...? इसका एक ही कारण है कि हमको सन्त व्यक्तित्व मिला है। सन्त व्यक्तित्व केवल तब तक कायम रहेगा, जब तक कि आद...
- क्यों नौकरी करना चाहता है?...? अरे! हमारे यहाँ काम कर लीजिए, लोहार का काम है। नहीं साहब, आपके यहाँ नहीं करेंगे। हम वहाँ करेंगे, ज...
- क्यों परेशान हो?...? ’’ पता चला परेशानी रोटी की है।‘‘अरे बस! तुम सब लोग अपनी-अपनी रोटियाँ एक जगह जमा करो और एक साथ खाना श...
- क्यों पहनते हैं?...? हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है? तब आपका जवाब होता है-चुप बे, ज्यादा बोलता है। हमारे बाप-दादा पहनते थे...
- क्यों पहनते हैं?...? हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है? तब आपका जवाब होता है—चुप बे, ज्यादा बोलता है। हमारे बाप-दादा पहनते है...
- क्यों पहनाये थे?...? यों पहनाये थे कि दूसरा कोई आदमी पीले कपड़ा नहीं पहनता। आप बाजार में घूम आइए, आपको नीले पैन्ट पहनन...
- क्यों पीटते हैं आप?...? इसलिए पीटते हैं कि अगर कहीं हाँडी टूटी हुई तब? दरार हुई तब? अगर दरार हुई तो जरा-सा ठोकने पर हमें शक ...
- क्यों पीला हो जाता है?...? इसलिए हो जाता है कि चारों ओर सूखी हुई घास, फैला हुआ रेत दिखाई पड़ता है। उसको देखते देखते वह पीले रंग...
- क्यों पीला हो जाता है?...? इसलिए हो जाता है कि चारों ओर सूखी हुई घास, फैला हुआ रेत दिखाई पड़ता है। उसको देखते-देखते वह पीले रंग ...
- क्यों पीला हो जाता है?...? इसलिए हो जाता है कि चारों ओर सूखी हुई घास, फैला हुआ रेत दिखाई पड़ता है। उसको देखते-देखते वह पीले रंग ...
- क्यों पूरी करनी चाहिए?...? हमने तीन माला जप किया है। ले जा अपनी माला। माला लिए फिरता है। देवी को माला पहना देंगे, नारियल खिला द...
- क्यों पूरी करनी चाहिए?...? हमने तीन माला जप किया है। ले जा अपनी माला। माला लिए फिरता है। देवी को माला पहना देंगे, नारियल खिला द...
- क्यों पूरी की?...? औरों की क्यों नहीं की। और इच्छा करते हैं, मनोकामना करते हैं उनकी इच्छा क्यों नहीं पूरी करते। क्योंकि...
- क्यों पूरी की?...? और लोग इतने इच्छा-मनोकामना करते हैं, उनकी क्यों नहीं पूरी करते? क्योंकि जलाराम इम्तहान में पास हो गय...
- क्यों पैदा कर देती है?...? इसलिए पैदा कर देती है कि उसका जो विचार है वही उसकी क्रिया भी है। उसके विचार और क्रिया दोनों मिले...
- क्यों पड़ता है?...? सिर्फ एक वजह है इसकी बीमार पड़ने की, कि अपनी जीभ को इतना छुट्टल बना देता है, कि वो अभक्ष्य खाती रहती ...
- क्यों पड़ता है?...? अधःपतित क्यों हो जाता है? भगवान बुद्ध ने एक तो घटना दिखाई और एक उदाहरण दिया। उन्होंने घटना ये दिखाई ...
- क्यों पढ़ते हैं आप?...? साहब! हम तो फिजिक्स पढ़ते हैं। बेटे, फिजिक्स इतना बड़ा विषय है कि आप जैसे तीन सौ अस्सी आदमी जन्म से ...
- क्यों फायदा नहीं उठाया?...? इसलिए फायदा नहीं उठाया, क्योंकि उसने अपने को धोया नहीं। शंकर जी की भक्ति के पीछे जो कल्याण की भावन...
- क्यों फिर आ गए?...? आ गए, क्योंकि उसके अन्दर वह चीज नहीं है, जिसे जिन्दगी कहते हैं। जिन्दगी वाले इंसान-महामानव मित्रो! जि...
- क्यों फिर आ गए?...? आ गए क्योंकि उसके अन्दर वह चीज नहीं है, जिसे जिन्दगी कहते हैं। जिन्दगी वाले इनसान-महामानव मित्रो! जिंदग...
- क्यों बच्चे छोड़ने की आवश्यकता थी?...? क्यों जिस दिन से आए, तो उधर मुँह करके भी नहीं देखा? आखिर क्यों आवश्यकता थी? कोई आवश्यकता नहीं थी। जै...
- क्यों बताते हैं?...? माता का उपकार, माता की सेवाएँ और कोई नहीं कर सकता। छोटी-सी पानी की बूँद को एक हट्टा-कट्टा मनुष्य बना...
- क्यों बतायें लक्ष्मी जी का मंत्र?...? बेटे एक ही मंत्र है। नहीं साहब! मिठाई खाने का चम्मच अलग लाइये, खीर खाने का चम्मच अलग लाइये। दाल खाने...
- क्यों बतायें लक्ष्मी जी की उपासना?...? लक्ष्मी जी का मंत्र बताइये? क्यों बतायें लक्ष्मी जी का मंत्र? बेटे एक ही मंत्र है। नहीं साहब! मिठाई ...
- क्यों बदल जाते हैं?...? इसलिए कि ये अपने आप में कमाने लायक हो गया है। इसको अब हमारी मदद करनी चाहिए थी, जबकि ये उलटा हम से ही...
- क्यों बरसता है यह सब?...? क्योंकि हमने अध्यात्म को अपने जीवन में अपनाया है। हम एकनिष्ठ हैं। हमने एक की इष्ट बनाकर रखा है, पर आ...
- क्यों बरसता है यह सब?...? क्योंकि हमने अध्यात्म को अपने जीवन में अपनाया है। हम एकनिष्ठ हैं। हमने एक इष्ट बनाकर रखा है, पर आपने...
- क्यों बाँटते रहते हैं?...? उन्होंने हिस्सा ऐसा बना लिया है, शाखा ऐसी बना ली है, जो हमारे और हमारे गुरु के बीच में एक मजबूत संबं...
- क्यों बाँध ली थी?...? बुड्ढे आदमी के साथ हमारा ब्याह हुआ है और हमारी उम्र और अकल बहुत खूबसूरत है। हमारा ईमान डाँवाडोल ह...
- क्यों बार-बार दीपक जलाएँ?...? बेटे, उसका भी एक कारण है। एक ऐसा बेवकूफ आदमी है, जो आँखों से अन्धा है, जिसको कुछ दिखाई नहीं पड़ता। उस...
- क्यों बिकता है?...? इसलिए बिकता है कि वेस्टन वॉच कंपनी बनाने वालों ने यह कसम खायी हुई है कि हम लोगों के लिए अच्छी से...
- क्यों बेटे, नोट गिनने में मन लग रहा है कि नहीं लग रहा है?...? हाँ महाराज जी! मन लग रहा है। नोट उठा-उठाकर रख रहे हैं। हमारा ध्यान और कहीं नहीं जाता। केवल नोट गिन...
- क्यों भाई, तुम हाथी खरीदना चाहते थे?...? खरीद लो, हमारा क्या है, हमारे पास तो यह पुराना हाथी है, हम इसे बेच देंगे और नये खरीद लेंगे। आप ही ले...
- क्यों मना करते हैं?...? यह आदमी का मूल्य आदमी की प्रामाणिकता, आदमी की इज्जत को बताता है कि आदमी की कीमत से धर्मशाला में बिस्...
- क्यों मर जाते हैं?...? उन्हें खुराक नहीं मिलती। अगर आप कुत्तों के उन पिल्लों को खुराक का इंतजाम कर दें, सबके लिए रोटी, दूध ...
- क्यों मर रहे हैं?...? हम इसलिए मर रहे हैं कि हमारे जख्म हो गये हैं और देखिए हमारी टाँग टूट गयी है और हमको सेप्टिक हो गया ह...
- क्यों मरघट में रहने वाले व्यक्तियों जैसा नीरस, निष्ठुर और हेय जीवन जीना पड़े?...? क्यों डरती-डराती और रोती-रुलाती जिन्दगी जीनी पड़े?इस संसार में अन्धकार भी है और प्रकाश भी; स्वर्ग भी...
- क्यों महाराज जी?...? हमारे यहाँ तो वह है, भैंसा। उस पर बैठा लाएँ तो आ जाएगी? नहीं बेटे, उस पर नहीं आएगी। तो महाराज जी, हम...
- क्यों महाराज जी?...? हमारे यहाँ तो वह है, भैंसा। उस पर बैठा लाएँ तो आ जाएँगी? नहीं बेटे, उस पर नहीं आएँगी। तो महाराज जी, ...
- क्यों माँगता है?...? क्योंकि उससे जेवर माँगा जाएगा। लड़की वाला माँगता है जेवर और लड़के वाला माँगता है दहेज। ये दोनों ही बात...
- क्यों मान ली?...? वो संकल्पवान् था। संकल्पवान् नहीं होता, तब ऐसे ही व्याख्यान करता फिरता, ‘‘साहब! पेड़ लगाइये, हरियाली ...
- क्यों मानना चाहिए?...? क्योंकि हमने सवा रुपये का लड्डू खिलाया था। किसको? हनुमान जी को। अच्छा तो आपने हमें लड्डू इसीलिए खि...
- क्यों माना गया है?...? इसलिए माना गया कि आदमी उतने समय में अपना समय खरच करता है। नुकसान उठाता है। किराये-भाड़े में पैसा खरच...
- क्यों मार डालेगी?...? देवी का क्या बिगाड़ा है? अरे! तैंने हजामत क्यों नहीं खिलायी? अरे! हजामत नहीं खिलायी, तो बाबा! जलेबी ख...
- क्यों मास्टर के पास जाएँगे?...? क्यों 6 घण्टे जगेंगे? सरस्वती देवी का मंत्र जपेंगे और थोड़े दिन में विद्वान हो जाएँगे। बेटे, ऐसा नहीं...
- क्यों मिथ्या होते हैं?...? अगर आप ये पात्रता जिसके लिए हमको बहुत जोर देना है। जिसके लिए आपको अनुष्ठान करा रहे हैं। चिन्तन बदलने...
- क्यों मिली थी?...? इसीलिए मिली थी कि उसने अपनी पात्रता साबित की थी। सिंहनी का दूध दुहने के लिए, परीक्षा कि थी उनके (पित...
- क्यों मिली थी?...? इसलिए मिली थी कि उन्होंने अपनी पात्रता साबित की थी। उनके गुरु ने परीक्षा ली थी, कहा था कि आप जाइए, स...
- क्यों मेरा सगुन बिगाड़ती हो?...? तुम शायद नहीं जानती मैं बड़ा आदमी बनने जा रहा हूँ। मुझे जल्दी पहुँचना है।’’
इस तरह सबको दुत्कार कर वह...
- क्यों रो रही है?...? हमारा बच्चा था, मर गया। आप रोयेंगे? हाँ, आप भी रोयेंगे। हमने चौबीस दिन का अनुष्ठान किया था, अब क्या ...
- क्यों लकड़ी डाली जाती है?...? क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती है? आरती क्यों उतारी जाती है? और घी में हाथ क्यों मला जा...
- क्यों लगा दिए गए?...? ऋषियों ने समझा कि इससे ज्यादा फायदे की चीज, इससे ज्यादा लाभदायक चीज और कुछ नहीं है। वह है—गायत्री मं...
- क्यों लगाते हैं खून?...? इसलिये लगाते हैं कि हमारा खून पैदा करने का सिस्टम कमजोर हो जाता है। कमजोर हो जाने से खून पैदा नहीं ह...
- क्यों लाद दिया?...? क्योंकि उसकी आपसे एक अपेक्षा है, एक आशा है। उसकी भी एक अभिलाषा है, उमंग है। भगवान की इनसान से क्या अ...
- क्यों लिए जा रहा है?...? इन्हें छोड़कर हम कहाँ रहेंगे? कैसे रहेंगे? कुछ भी तो सूझ नहीं पड़ता। आँखें बरसती हैं और सिरहाने रखे ...
- क्यों लड़ने-झगड़ने को तैयार हो जाता है?...? क्यों अच्छे लड़के के पास जाता है और खुशामदें करता है, पैर पकड़ता है, मिन्नतें भी करता है, ऐसा क्यों हो...
- क्यों विश्वामित्र ने हरिश्चंद्र को ही दोस्त बनाया?...? इससे कम में काम नहीं चल सकता था? अभी भी हजारों गाँधियों को पैदा करने की ताकत हरिश्चंद्र में है। गाँध...
- क्यों सताई जाती हैं हमारी बच्चियाँ?...? बेटे, सब सुनकर हमारा कलेजा छलनी हो जाता है। न कुछ कहते बनता है, न कुछ करते बनता है। पर यह सब मानना क...
- क्यों साहब आप उनसे क्यों नहीं सुनना चाहते?...? उन्होंने कहा कि अगर शुकदेव जी कथा कहेंगे तो हमारी आत्मा का उद्धार हो जाएगा। उनके शब्द हमारे जीवन का ...
- क्यों साहब आप उनसे क्यों नहीं सुनना चाहते?...? उन्होंने कहा कि अगर शुकदेव जी कथा कहेंगे तो हमारी आत्मा का उद्धार हो जाएगा। उनके शब्द हमारे जीवन का ...
- क्यों साहब दक्षिण भारत के लोग तो काले होते हैं, फिर ये सब राक्षस हैं?...? नहीं बेटे! ये राक्षस नहीं हो सकते। राक्षस कैसे होते हैं? जिनके दाँत बड़े-बड़े होते हैं। हमारे पिताजी...
- क्यों साहब दक्षिण भारत के लोग तो काले होते हैं, फिर ये सब राक्षस हैं?...? नहीं बेटे! ये राक्षस नहीं हो सकते। राक्षस कैसे होते हैं? जिनके दाँत बड़े-बड़े होते हैं। हमारे पिताजी क...
- क्यों साहब पैसे की जरूरत पड़ी?...? नहीं भाईसाहब, पैसों की जरूरत नहीं पड़ती है।शकुन्तला जब कण्व ऋषि के आश्रम में पाली-पोसी गई थी। तो कण्व...
- क्यों साहब वही सन्तरे और केले आप यहाँ ले आइए और लगाकर देखिए कि वैसे मीठे वे नागपुर में और बंबई (मुंबई) में होते हैं, यहाँ भी हैं क्या?...? नहीं, वैसे मीठे वे आपके यहाँ नहीं हो सकते। कारण एक ही है कि वहाँ के वातावरण की अपनी विशेषता है। बंगा...
- क्यों साहब वही सन्तरे और केले आप यहाँ ले आइये और लगा कर देखिये कि जैसे मीठे वे नागपुर में और बम्बई में होते हैं, यहाँ भी हैं क्या?...? नहीं, वैसे मीठे वे आपके यहाँ नहीं हो सकते। कारण एक ही है कि वहाँ के वातावरण की अपनी विशेषता है। बंगा...
- क्यों साहब वही सन्तरे और केले आप यहाँ ले आइये और लगाकर देखिये कि जैसे मीठे वे नागपुर में और बम्बई में होते हैं, यहाँ भी हैं क्या?...? नहीं, वैसे मीठे वे आपके यहाँ नहीं हो सकते। कारण एक ही है कि वहाँ के वातावरण की अपनी विशेषता है। बंगा...
- क्यों साहब सूत बुनने से हो सकते हैं?...? हाँ बेटे! सूत बुनने से हो सकते हैं। देख, सूत बुनने की खड्डियाँ हमारे यहाँ लगी हुई हैं। तू यहाँ से खड...
- क्यों साहब, आप कहाँ से आए?...? हम तो साहब बहुत दूर के रहने वाले हैं। आपका ये कौन लगता है? कोई नहीं लगता। क्यों साहब, फिर ये आपके कम...
- क्यों साहब, आप कहाँ से आए?...? हम तो साहब बहुत दूर के रहने वाले हैं। आपका ये कौन लगता है?? कोई नहीं लगता। क्यों साहब, फिर ये आपके क...
- क्यों साहब, एक ओर से कि तीनों ओर से?...? आप एक ओर से माँगते हैं, पर मैं वायदा करता हूँ कि तीनों ओर से आपको सहायता मिलेगी और इतनी अधिक सहायता ...
- क्यों साहब, एक ओर से कि तीनों ओर से?...? आप एक ओर से माँगते हैं, पर मैं वायदा करता हूँ कि तीनों ओर से आपको सहायता मिलेगी और इतनी अधिक सहायता ...
- क्यों साहब, क्यों नहीं हो सका?...? अरे साहब ताकत नहीं है? उठे तो सही, पर ताकत नहीं है, गिर पड़े भट से जमीन पर। इसको अन्दर की जीवट कहते है...
- क्यों साहब, क्यों नहीं हो सका?...? अरे साहब ताकत नहीं है? उठे तो सही, पर ताकत नहीं है, गिर पड़े भट से जमीन पर। बच्चा उठता है फिर गिर पड़त...
- क्यों साहब, पालथी मारकर क्यों बैठते हैं?...? पद्मासन में क्यों बैठते हैं, हम तो ऐसे ही बैठेंगे, टाँग पसारकर। नहीं बेटे, टाँग पसारकर मत बैठिए। नही...
- क्यों साहब, पालथी मारकर क्यों बैठते हैं?...? पद्मासन में क्यों बैठते हैं, हम तो ऐसे ही बैठेंगे टाँग पसारकर। नहीं, बेटे, टाँग पसारकर मत बैठिए। नही...
- क्यों साहब, फिर ये आपके कमरे में क्यों रहते हैं?...? कशिश ने इन्हें खींच लिया। जुआरी के पास जुआरी, चोरों के पास चोर, लफंगों के पास लफंगे, विद्वानों के पा...
- क्यों साहब, फिर ये आपके कमरे में क्यों रहते हैं?...? कशिश ने इन्हें खींच लिया। जुआरी के पास जुआरी, चोरों के पास चोर लफंगों के पास लफंगे, विद्वानों के सास...
- क्यों साहब, माताजी जब आप नहीं रहेंगी, तो फिर हमारा क्या होगा?...? बेटे, आपसे हमारा वायदा है कि आपके लिए कोई घाटा होने वाला नहीं है। न तो पहनने का और न खाने का, कोई भी...
- क्यों साहब, यह हो सकता है?...? हाँ यह हो सकता है। कैसे हो सकता है? ऊँचे उद्देश्यों के लिए, खासतौर से उस समय जबकि भगवान अवतार लिया क...
- क्यों साहब, लोमड़ी की बातचीत कौवा सुन सकता है?...? नहीं! तो क्या कौवे की बात-चीत लोमड़ी समझ सकती हैं? नहीं बेटे! ये झूठ नहीं है। बालकों को आकर्षक ढंग से...
- क्यों साहब, लोमड़ी की बातचीत कौवा सुन सकता है?...? नहीं। तो क्या कौवे की बातचीत लोमड़ी समझ सकती है? नहीं साहब! तो फिर इन कहानियों में ये क्या झूठ लिखा ह...
- क्यों साहब, श्रीकृष्ण भगवान की नाक लम्बी थी या चौड़ी थी?...? नहीं बेटे, हमें नहीं मालूम। देखिए, आप ही बताइए कि चौड़ी नाक वाले कृष्ण हैं या ये हलकी नाक वाले कृष्ण...
- क्यों साहब, श्रीकृष्ण भगवान की नाक लम्बी थी या चौड़ी थी?...? नहीं बेटे, हमें नहीं मालूम। देखिए आप ही बताइए कि चौड़ी नाक वाले कृष्ण हैं या ये हलकी नाक वाले कृष्ण ह...
- क्यों साहब, सूरदास जी ने अपनी आँखें फोड़ ली थीं या फूट गई थीं और हम भी फोड़ लें तो क्या भगवान दिखाई पड़ेंगे?...? बेटे, यह गलती तो मत कर लेना। आँखें फोड़ने से मतलब है कि हमारी जो कमीनी आँखें, दुष्ट आँखें हैं, जो ना...
- क्यों साहब, सूरदास जी ने अपनी आँखें फोड़ ली थीं या फूट गई थीं और हम भी फोड़ लें तो क्या भगवान दिखाई पड़ेंगे?...? बेटे, यह गलती तो मत कर लेना। आँखें फोड़ने से मतलब है कि हमारी जो कमीनी आँखें, दुष्ट आँखें हैं; जो ना...
- क्यों साहब, हम भी बूढ़े हो जाएँ और ऐसा कुछ करें?...? नहीं भाई साहब, अब वह वक्त चला गया, आप समय को तो पहचानते नहीं। भगवान कभी-कभी हाथ पसारता है। आदमी तो भ...
- क्यों साहब, हमारी उम्र तो बहुत हो गई, हम तो साठ साल के हैं, हमारे भी होगा क्या?...? बेटे, आपके भी होगा। कहाँ से होगा? आपकी दाढ़ी में से होगा, आपके पेट में से होगा। हमारी औरत तो है भी नह...
- क्यों स्कूल खोलने लगी?...? अब तो हम स्वयं अपने बलबूते पर जाकर के वहाँ काम करेंगे, जहाँ कोई नहीं कर सकता। एक छोटे-से देहात में व...
- क्यों हम इस बेशकीमती जिन्दगी को उन कामों में खर्च करें, जिन कामों में जानवर खर्च करते हैं?...? पेट के लिए जानवर जिन्दा रहते हैं, इंसान जिन्दा नहीं रहता। इंसान कर्तव्य के लिए जिन्दा रहता है, धर्म के ...
- क्यों हम ऋषि के यहाँ भेजें?...? पीछे उनके गुरु वशिष्ठ ने उनको सलाह दी। उनकी समझदारी ने कहा—नहीं इस समय विश्वामित्र माँगने के लिए आये...
- क्यों हमारी शाखा बन्द हो जाएगी?...? गुरुजी! हमारी मौसी को जुकाम हो जाता है। हमारी मौसी को अच्छा कर दीजिये। बेटे! तेरी मौसी को अच्छा कर द...
- क्यों हिंसावृत्ति इतनी उग्र होती जा रही है?...? इस पर विभिन्न दृष्टियों से विचार और कई परीक्षण करने के बाद यही सिद्ध हुआ कि जनसंख्या का दबाव मनुष्य ...
- क्यों हो गए ऋषि?...? क्या चीज मिली उनको? कोई चीज नहीं मिली। उनको एक ही चीज मिली ज्ञान।
ज्ञान को आप ग्रहण नहीं कर पात...
- क्यों हो गए?...? अरे! इसलिए हो गए कि उनका समर्पण था। उन्होंने कहा—जैसा आप बनाना चाहें, हम वही बनने के लिए तैयार हैं। ...
- क्यों हो जाती है?...? धुनने से। इंदिरा गाँधी जब भरतपुर गयीं थीं, तो उन्हें एक लिहाफ भेंट किया गया था। कैसा लिहाफ था? उ...
- क्यों हो रहा है?...? लम्बे अन्धकार युग में कचरा बहुत जमा हो गया है। हर क्षेत्र में गन्दगी चरम सीमा पर पहुँच गयी है। उसे ...
- क्यों हो रहे हैं?...? इसलिए हो रहे हैं कि जो माता- पिता का चिन्तन है, वह सारा का सारा घुल करके उस बच्चे में चला जाता है। ह...
- क्यों होती हैं?...? क्योंकि हमने अवतार के साथ में कन्धे से कन्धा मिलाकर हनुमान के तरीके से काम करने का निश्चय कर लिया है...
- क्यों, अच्छी नहीं लगती?...? अच्छी तो लगती है, पर न जाने क्यों मेरे मुँह में चल नहीं रही है; क्योंकि जब दो साल के, एक साल के बच्च...
- क्यों, अयोध्या में क्या कमी थी?...? अयोध्या में वातावरण नहीं था।
हिमालय का वातावरण है, संस्कारी वातावरण, जिसमें कि हजारों वर्षों से लो...
- क्यों, आप अपनी मर्जी पर क्यों चलाएँगे?...? आपकी मर्जी पर क्यों चलने लगे भगवान? भगवान के अपने कुछ नीति और नियम हैं। कुछ मर्यादा और कायदे हैं।...
- क्यों, इनमें क्या बात हो गई?...? इन्हें भी ज्ञानरथ चलाना चाहिए। नहीं साहब ! ये तो लड़कियाँ हैं, महिलाएँ हैं और ये तो बुद्धू होती हैं ...
- क्यों, इससे क्या फायदा है?...? कई लड़के ऐसा करते हैं कि जब उनका काम नहीं बनता तो भरपूर गाली देते हैं। जब काम बन जाता है तो फिर बेचा...
- क्यों, किसलिए करते हैं?...? आपने राम का नाम नहीं लिया तो क्या हुआ? खुदा का नाम नहीं लिया तो क्या? भजन नहीं किया तो क्या? लेकिन द...
- क्यों, क्या हो गया?...? सारे दिन बक-झक करना पड़ता है। अब हम यहाँ नहीं रहेंगे। तो कहाँ जायेंगे? साहब! हम तो शान्ति प्राप्त क...
- क्यों, क्या बात थी?...? अरे साहब! आज बुखार आ गया था, तो हमने कहा जरा शराब पी आवें, देखें तो सही कैसे क्या होता है। बस, जरा श...
- क्यों, क्या बात हो गई?...? सारा पैसा किसमें खरच हो जाता है? खरच होने का एक ही तरीका था और उसका नाम था ढकोसला। आदमी इतना बड़ा और...
- क्यों, क्या वजह थी?...? वजह सिर्फ एक ही थी कि जिस वाणी से उस कथा का उच्चारण हुआ था, वह दिव्यवाणी थी। वह शुकदेव की वाणी थी। श...
- क्यों, क्या वजह हुई?...? क्राइम, क्राइम आदमी के व्यक्तित्व को खतम कर देता है। आमदनी क्या मिली, क्या नहीं मिली मैं नहीं कहता आ...
- क्यों, क्या वजह है?...? नहीं साहब! बेटा तो हमारा है। अच्छा तो यह आपका बेटा है? यह क्या चीज है? बेटे! इस तरह के मोह में मनुष्...
- क्यों, क्या वजह है?...? आदमी की चिन्ताओं की वजह से, ख्वाहिशों की वजह से, तृष्णाओं की वजह से उसकी शक्तियों का जो क्षरण होता रह...
- क्यों, क्यों खाया उसने बेर?...? उन्होंने कहा—शबरी मैं बेर नहीं खाता, मैं मोहब्बत खाता रहता हूँ, मैं आत्मा खाता रहता हूँ, मैं ईमान खा...
- क्यों, क्यों होती है लड़ाई?...? लड़ाई होने की वजह? वजह ये है कि अच्छे आदमी कभी संगठित होकर नहीं बैठे। अच्छे आदमियों ने कभी नमाज मिल-ज...
- क्यों, क्योंकि लोभ तो कहाँ बनने देगा न?...? लोभ तो आपको उचित-अनुचित काम करने के लिए लगाये रहेगा, मेहनत करने के लिए लगाये रहेगा, कर्ज लेने के लिए...
- क्यों, चमार कैसे हुए?...? चमार ऐसे हुए कि ये सिर्फ चमड़े को देख पाते हैं। चमड़े को जो देख पाता है, चमड़े का जो व्यापार करता है...
- क्यों, तेरे पीछे हो जायेगी तो?...? नहीं साहब! हमारे सामने होनी चाहिए। मैं यह शादी देख करके मरूँगी। यह कौन है? यह वह बुढ़िया है, जो चाहती...
- क्यों, पीला क्यों हो जाता है?...? इसलिए हो जाता है कि चारों ओर सूखी हुई घास पीला हुआ रेत दिखाई पड़ता है, उसको देखते-देखते वो पीले रंग...
- क्यों, भगवान का भजन कर रहे हो या माल का?...? हर समय जो विचारों में समाया रहता है, वह तमाम दुनिया का कूड़ा-कबाड़ा जप करते समय ही याद आता है। तो खा...
- क्यों, मुन्नीलाल की दुकान कहाँ है?...? मालूम नहीं है, हमें नहीं मालूम। लाला मुन्नीलाल की दुकान कहाँ है? वो बैठी है—उधर की दुकान और वो शनिश्...
- क्यों, विचार करने से क्या फायदा है?...? विचार करने से यह फायदा है कि गलतियाँ जब समझ में आ जाएँगी, तो सुधार की भी गुंजाइश बहेगी।...
- क्यों, विचार करने से क्या फायदा?...? ये फायदा है, गलतियाँ समझ में आयेंगी तो सुधार की गुंजाइश पड़ेगी। गलतियाँ समझ में नहीं आयेंगी तो आप सु...
- क्यों, साहब, यह कोई बड़ा काम था क्या, बताइए?...? कोई काम नहीं था, लेकिन भगवान के अवतार के साथ, उनकी क्रिया-पद्धति के साथ जुड़ जाने की वजह से वे रीछ-बन...
- क्योंकि लोभ तो आपको कहाँ पाने देगा?...? लोभ तो आपको उचित और अनुचित काम करने के लिए लगाए रहेगा। लोभ आपको मेहनत करने के लिए लगाए रहेगा, कर्ज...
- क्योंकि हम सब बराबर के थे, फिर आपका क्यों खराब किया और हमारा क्यों अच्छा किया?...? बेटे, हम भगवान से मिलेंगे, तो उनसे पूछेंगे कि आपने यह क्या किया। आपने इनको अच्छी बुद्धि दी और हम...
- क्योंकि आदमी इतना बदमाश और इतना बदकार, इतना जाहिल और जालिम हो गया है कि मैं क्या कह सकता हूँ?...? यह कैसे हो गया? आदमी के भीतर शैतान घुस गया। तो क्या पढ़ाने से यह शैतानी दूर हो जायेगी? नहीं बेटे, पढ़ा...
- क्योंकि आदमी को सम्पन्न बनने के लिए तो अनेक साधन चाहिए, साधन तो कुछ भी नहीं, फिर सम्पन्न कैसे बनेंगे?...? पर लालच आप अगर छोड़ दिया होता तो आप इतने ही गुजारे में, कम समय में कर सकते थे और लालच जितना आपका समय...
- क्योंकि आपका खर्च करने का जो ढंग है, उस पर आप काबू करेंगे नहीं, तो जो भी हम आपकी नौकरी में तरक्की करवा देंगे, या व्यापार में फायदा करवा देंगे और आप खर्च उसी तरीके से करेंगे, जैसे कि इस समय तक करते रहे हैं, तो उसका परिणाम क्या होगा?...? उसका परिणाम वही होगा, जो अब तक होता आया है।अब तक आप कंगाली में रहे हैं, गरीबी में रहे हैं, तंगी में ...
- क्योंकि आपकी सारी शक्ति - सारा प्यार इन थोड़े से आदमियों में ही केन्द्रित हो गया है, अपनी औरत को ही सब कुछ समझ बैठे हैं, अपने बच्चों को ही सब कुछ समझ बैठे हैं, कोई समाज भी रहता है क्या?...? कोई संस्कृति भी है क्या? कोई दीन-दुखियारे भी रहते हैं क्या? समाज के प्रति भी कुछ कर्तव्य फर्ज हैं क्...
- क्योंकि इनको सिखा लिया गया है और सिखाये न गये होते तब?...? तब ये खूँखार रहते और इनको देखते ही आदमी भाग खड़ा होता अथवा ये आदमी का नुकसान कर देते अथवा ये अपना नुक...
- क्योंकि उन्हें पता ही होगा कि कब कहाँ से कितना पैसा मिलने वाला है?...? जो मिलना भाग्यानुसार निश्चित है, वह तो घर बैठे भी आ जायेगा फिर भविष्य कथन के झंझट में पड़ने से भी क्य...
- क्योंकि उन्होंने अपने आप को अच्छा बना लिया?...? और उन्होंने माला घुमाना सीखा होता और तरह-तरह के मंत्र-तंत्र और यंत्र—ये बनाये होते और अपनी जिन्दगी क...
- क्योंकि गाँधी जी की आँखों में जादू था और यह जादू कहाँ से आया था?...? आप भी उस जादू को पैदा कर सकते हैं, अगर आप अपनी शक्तियों को नष्ट करने से बचालें, तब।
शुरुआत ...
- क्योंकि दृष्टिकोण का स्तर गिरा और सामान का स्तर बढ़ा तो कितनी बड़ी असमानता आ गई?...? सामान का स्तर बढ़ना चाहिए था तो दृष्टिकोण भी ऊँचा होना चाहिए था। तब जो साधन-सम्पत्ति हमारे पास हैं, उस...
- क्योंकि बैंक वाला उधार देने के पहले हजार बार ये तलाश करता है जिस आदमी को दिया जाने वाला है, वो ठीक पैसे का इस्तेमाल करेगा कि नहीं करेगा?...? उसको पैसा वापस मिलेगा कि नहीं मिलेगा। अगर ये न हो तो कोई देने को तैयार नहीं हो सकता। आपने देखा है न,...
- क्योंकि मित्र कीमत चुकाकर कीमत उतार देते हैं और भिखारी, गुरु-चेले?...? ये ऐसे ही हैं, चावल दे दिये, माला पहना दी, बस प्रसन्न हो गये। आप ऐसा मत कीजिए। आप मित्र बन जाइए हमार...
- क्योंकि रावण से लड़ाई करने के लिए कौन तैयार हो?...? कुंभकरण से लड़ने के लिए कौन तैयार हो? कोई तैयार नहीं हुआ। रामचंद्र जी के भाई भी आये थे, सेना को लेक...
- क्योंकि वे हमारी इन्द्रिय क्षमता के अनुपान में अति सूक्ष्मातिसूक्ष्म होती हैं, तब परम चेतन तत्व ही लोगों की अनुभूति में अनायास कैसे आ जाये?...? उस हेतु पहले वैसी सामर्थ्य विकसित करनी होगी। नेत्रहीन को सामने का रूप नहीं दिखाई पड़ता, जबकि वहीं पास...
- क्योंकि सारा-का-सारा विश्व आज देख रहा है कि क्या कोई मिशन ऐसा है?...? क्या कोई ऐसी संस्था है? क्या ऐसा कोई व्यक्तित्व है या ऐसा कोई ऋषि है, सन्त है, जो कि जलती हुई अग्नि ...
- क्रम यही चलता रहा, तो इस जखीरे का, उस कचरे-कूड़े का, उसमें लगे साधनों का क्या होगा?...? ये प्रश्न ऐसे हैं, जिनके उत्तर सरल नहीं हैं। जापान का उदाहरण देखकर जो कल्पनाएँ की गई थीं, वे हजारों ...
- क्रिया का महत्त्व सिर्फ इस माने में है कि वह मार्गदर्शन करती है कि आपको जीना कैसे चाहिए?...? मित्रो! पहले यह जान लीजिए कि अध्यात्म क्या चीज है? अध्यात्म के पीछे की बात बाद में जानिए। अध्यात्म ह...
- क्रिया किस काम के लिए है?...? क्रियाओं का मकसद एक है। क्रिया एक शिक्षण है। प्राचीनकाल में पुस्तकें कम थीं, इसलिए ये इशारे बना दिए ...
- क्रिया की जरूरत ही नहीं पड़ेगी?...? हाँ गुरुजी। क्रिया की क्या जरूरत है। आप तो जीभ हिला दीजिए बस हो जाएगा, आशीर्वाद। बेटे, ऐसा कोई आशीर्...
- क्रिया कुशल लोगों की कमी है क्या?...? आप बताइए न, जेलखानों में पड़े हुए लोगों को आपने नहीं देखा है। एक से एक होशियार आदमी। एक से एक समझदार ...
- क्रिया क्या होती है?...? हलचल। जो भी पदार्थ हैं—जड़ हैं। जड़ में एक चीज पाई जाती है, वो है हलचल। एटम में हलचल पाई जाती है, हवा ...
- क्रिया तो वही है?...? जो आपको हम यहाँ कराते हैं। क्रियाओं को फिर किसी दिन बता दूँगा। सायंकाल को हम जो आपको ध्यान कराते हैं...
- क्रिया से क्या हो सकता है?...? तमाशे से क्या हो सकता है? कुछ नहीं हो सकता। क्रिया किस काम के लिए है? क्रियाओं का मकसद एक है। क्रिया...
- क्रिया से चमत्कार कैसे पैदा होगा?...? नहीं, साहब! क्रिया कीजिए, चमत्कार पाइए, क्रिया कीजिए, चमत्कार पाइए।...
- क्रिया-कलाप गिनाऊँ आपको?...? नहीं क्रिया-कलाप नहीं गिनाऊँगा। क्रियाकलाप गिनाऊँगा तो मुझे वहाँ से चलना पड़ेगा जहाँ से काँग्रेस का व...
- क्रिया-कृत्य कितना करते थे?...? जप कितना करते थे? अनुष्ठान कितना करते थे? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकिन इतना मुझे मालूम है कि कबीर...
- क्रिया-कृत्यों और कर्मकाण्डों को ही आप सब मानकर चलेंगे, तो मैं क्या करूँगा, बताइये?...? क्रिया-कृत्यों के साथ-साथ में जीवन में हेर-फेर करना आवश्यक है।...
- क्रियाएँ क्या हैं?...? आपको यह मालूम है? क्रियाएँ संकेत करती हैं, दिशाएँ देती हैं कि आखिर हमको करना क्या है? आखिर हमको जीना...
- क्रियाएँ बताई गई थीं, उसके पीछे क्या उद्देश्य है?...? क्या प्रेरणा है? उसके कलेवर के पीछे प्राण कहाँ है? बाहर वाला परिवर्तन वह है, जो हम आपको बता चुके हैं...
- क्रियाएँ संकेत करती हैं, दिशाएँ देती हैं कि आखिर हमको करना क्या है?...? आखिर हमको जीना कैसे है? यह सारे-का अध्यात्म, वह अध्यात्म है, जिसको आपने बाजीगरी का नाम दिया हुआ है। ...
- क्रियाओं का क्या महत्त्व हो सकता है?...? यह मैं आपको कल बता रहा था। क्रियाओं का मैं मजाक उड़ा रहा था, क्योंकि हम सोचते हैं कि परिश्रम कितना क...
- क्रियाकलाप क्या होगा?...? यही बतलाने के लिए हमने यह शिविर बुलाया है। इसका मतलब कुटुँब एवं पारिवारिकता है। अगले दिनों संसार का ...
- क्रियाकुशलों की कमी है क्या?...? पर वे सब स्वयं के लिए हैं। दूसरों के लिए वे क्या साबित हुए, आप बताइए ना? जेलखाने में पड़े हुए लोगों ...
- क्रियाकृत्य कितना करते थे?...? जप कितना करते थे? अनुष्ठान कितना करते थे? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकिन इतना मुझे मालूम है कि कबीर...
- क्रूरता तो नहीं है, लेकिन हम हर व्यक्ति को ललकारते हैं और झकझोर करके कहते हैं कि बेटा क्या करता है?...? क्या कायर की तरह से जिन्दगी जिएगा?
बेटे! आज सारा विश्व यह देख रहा है कि कोई है क्या, हमको शीतलता द...
- क्रोध के अलावा क्या पल्ले पड़ने वाला है?...? चैन कहाँ से आ जायेगा? शान्ति कहाँ से आयेगी? नहीं साहब! गायत्री माता से चैन आ जायेगा? अरे। गायत्री मा...
- क्रोध जब आता है, तो उसकी कोई शक्ल होती है?...? नहीं होती है। हाँ, क्रोध की वजह से आँखों में असर आ सकता है और आँखें लाल हो सकती हैं, पर क्रोध की अ...
- क्वाइन—पैसे का क्या करेंगे?...? हम तो ऐसे ही खरीदेंगे। नहीं बेटे ! पहले रुपये लेकर आओ, तब चीज मिलेगी। सामर्थ्य की कीमत पर सम्पत्ति खर...
- क्वालिटी की बात कैसे हो सकती है?...? क्वालिटी की बात वहाँ हो सकती है, जहाँ कि माता और पिता अपने जीवन को और चरित्र को इस ढंग से बनाते हैं।...
- क्वालिटी की बात कैसे हो सकती है?...? क्वालिटी की बात वहाँ हो सकती है जहाँ कि माता और पिता अपने जीवन को और चरित्र को इस ढंग से बनाते हैं, ...
- क्वालिटी के परिणाम से हम अभीष्ट परिणाम प्राप्त कर सकते हैं, तो क्वालिटी के लिए क्या करना पड़ेगा?...? तप के लिए क्या करना पड़ेगा? तप के बारे में मैं क्रियाओं का जिक्र नहीं करना चाहता हूँ। पानी मत पीजिए,...
- क्षणिक चटोरेपन के पीछे समर्थता की सम्पत्ति को गँवाने और दिन-दिन दुर्बल होते जाने से क्या लाभ?...? बता मन तू कोयलों के ऊपर मुहरें निछावर करने में क्या बुद्धिमत्ता अनुभव कर रहा है?आत्मा रोती बिलखती ...
- क्षति की पूर्ति कैसे हो?...? खाईं पाटने के लिए क्या किया जाए और खण्डहरों के स्थान पर नया भवन कैसे खड़ा हो?
समय की माँग यह है क...
- क्षत्रिय को या और किसी को नहीं मिलीं?...? किसी को भी नहीं मिलीं। माताजी आप यह क्या कह रही हैं? विश्वामित्र जब तक क्षत्रिय थे, तब तक नहीं मिलीं...
- क्षत्रिय क्या करता है?...? अनाचार-अत्याचार के विरुद्ध तनकर खड़ा हो जाता है। देखा जाएगा, जो भी हमारे विपरीत परिस्थितियाँ हैं, उन...
- क्षीर सागर में भगवान् विष्णु कहाँ रहते हैं?...? बेटे, इसी में रहते हैं। यह जो ग्रे मैटर है, यही क्षीर सागर है। इसके भीतर जो सहस्रार चक्र है, वही ह...
- क्षुद्रता और संकीर्णता जैसी हमारी है, वैसी बनी रहनी चाहिए, तो फिर शंकर के कृपापात्र आप कैसे बन सकते हैं?...? शंकर के कृपापात्र तभी बनेंगे जैसे कि शंकर जी ने जहर पिया था और सारे संसार को अमृत बाँटा था। लोक-मंगल...
- खंडों में हो गई, तो क्या?...? जनता पार्टी में चली गई तो क्या? और प्रजापार्टी में चली गई तो क्या? सोशलिस्ट में चली गई तो क्या? इंदि...
- खंडों में हो गयी, तो क्या जनता पार्टी में चली गई तो क्या?...? और प्रजा पार्टी में चली गई तो क्या? सोशलिस्ट में चली गयी तो क्या? इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या...
- खजांची के पास चाबी होती है और उसके पास लाखों रुपये होते हैं, तो क्या यह सब खजांची के लिए हैं?...? उन्होंने कहा—नहीं। सुरक्षा अधिकारी के पास हजारों हथियार और एटम बम, बन्दूकें और मशीन गनें आदि रहती हैं...
- खजाने में अगर लाखों रुपये रखे हों, तो खजांची उन्हें कैसे खर्च कर सकता है?...? उसे क्यों खर्च करना चाहिए? पुलिस के पास या फौज के पास बहुत सारी बन्दूकें और कारतूसें होती हैं वे इसल...
- खटमल क्या करता है?...? उपासना। उपासना किसे कहते हैं पास बैठने को। इन सबको उपासना कहते हैं, सब पास बैठे रहते हैं। एक और भी ज...
- खड़ा नहीं होगा?...? गाण्डीव लेकर खड़ा हो, लड़ना है। एक जीवन-संग्राम में आपको भी लड़ना है।...
- खतरे कैसे आ रहे हैं?...? पर मैं आपको आश्वासन देना चाहता हूँ कि आदमी के भीतर जो सुपीरियारिटी है, आदमी के भीतर जो महत्ता है, ...
- खबर आई क्या सैनिक पीछे हटा लिए जायें?...? सुभाष बोस को समझ में नहीं आया क्या किया जाये? जब भी कोई ऐसा अवसर आता वे पुस्तकों की शरण जाते। विवेका...
- खबरदार, अगर बेकार की बातें की तो?...? आप इन बातों से बाज आइए और इन बहानों को छोड़िए और वास्तविकता के नजदीक आइए।
अध्यात्म की वास्तविकत...
- खरच घटाता नहीं है, आमदनी बढ़ाता नहीं है फिर हाथ तंगी नहीं होगी तो फिर क्या होगी?...? मित्रो, यह आध्यात्मिकता के सिद्धान्त हैं। गायत्री मंत्र का यदि वास्तव में आपने जप किया होगा तो आर्थिक...
- खरच में कोई कमी क्यों नहीं कर सकता?...? नहीं साहब, खरच तो हमारा बहुत बढ़ा हुआ है तो आमदनी बढ़ाओ और अगर आमदनी नहीं बढ़ाता तो खर्चा घटाओ। खरच घटा...
- खराब आदमी है इसको हम अच्छा बनायेंगे, सज्जन बनायेंगे ये क्यों नहीं सोचते?...? खराब आदमी है। अमुक को मार डालेंगे, हत्या कर डालेंगे, ये क्यों सोचते हैं? ये मत सोचिये। आप दृष्टिकोण ...
- खराब आदमी है, उसको मार डालेंगे, उसकी हत्या कर डालेंगे, यह क्यों सोचते हैं?...? यह मत सोचिए। आप दृष्टिकोण को बदलिये न। जो कुछ भी आपके पास मिला हुआ है, वह कम नहीं है। बहुत मिला हुआ ...
- खराब आदमी है, उसको हम अच्छा बनायेंगे, सज्जन बनायेंगे, यह क्यों नहीं सोचते?...? खराब आदमी है, उसको मार डालेंगे, उसकी हत्या कर डालेंगे, यह क्यों सोचते हैं? यह मत सोचिए। आप दृष्टिकोण...
- खराब लोगों से वास्ता पड़े तब, खराब भाई हो तब, खराब मामा हो तब, खराब रिश्तेदार हो तब, क्या करना चाहिए?...? तब के लिए श्रीकृष्ण भगवान् ने नया रास्ता खोला। इसमें विकल्प हैं। इसमें शरीफों के साथ शराफत से पेश ...
- खराब होता है काला रंग?...? काला रंग खराब नहीं होता। गोरों और कालों का जो वर्गीकरण किया गया है, वो वास्तव में आलंकारिक रूप है। आ...
- खरीदा जा सकता है, भगवान को?...? किस तरह से खरीदा जा सकता है? उन्होंने मोल ले लिया, किसने? मीरा ने। मीरा ने और द्रौपदी ने जब आर्तनाद ...
- खर्च करने से पहले हजार बार सोचें कि क्या इस चीज की वास्तव में आवश्यकता है या नहीं?...? क्या इसके बिना काम नहीं चल सकता? इस तरह पैसे पर नियंत्रण रखा जा सकता है और अपव्यय से भी बचा जा सकत...
- खर्च करेंगे, तो नशे जैसी चीजों पर खर्च करेंगे?...? नशे जैसी चीजों पर खर्च करेंगे, तब सेहत गँवा देंगे, तब अपनी अकल गँवा देंगे, तब अपनी औलाद गँवा देंगे, ...
- खर्च कैसे किया जाए?...? खर्च कैसे किया जाए? किन, किन मदों में किया जाए? किन मदों में होने वाले खर्च को रोका जाए? किन मदों मे...
- खर्च कैसे कौन करता है?...? करता है—केशवानन्द। पहले उसका नाम कुछ और था, बाद में केशवानन्द नाम रख लिया। केशवानन्द ने इस तरह से प्...
- खर्च घटाता नहीं है, आमदनी बढ़ाता नहीं है फिर हाथ तंगी नहीं होगी तो फिर क्या होगी?...? मित्रो, यह आध्यात्मिकता के सिद्धान्त हैं। गायत्री मंत्र का यदि वास्तव में आपने जप किया होगा तो आर्थि...
- खर्च में कोई कमी क्यों नहीं कर सकता?...? नहीं साहब, खर्च तो हमारा बहुत बढ़ा हुआ है तो आमदनी बढ़ाओ। और अगर आमदनी नहीं बढ़ाता तो खर्चा घटाओ। खर्च ...
- खर्चा भी कम और कुटुम्ब का?...? कुटुम्ब पालने में हमको बाहरी शक्ति लगानी पड़ती है? कुटुम्ब तो खिलौने हैं। बच्चे हैं ये आपके। इनसे खेल...
- खलीफा ने कहा—अच्छा, तो फिर वह पड़ोसिन कल आई थी, तो क्या कहती थी?...? पड़ोसन यह कहती थी कि अब तक तुमने जेवर पहन लिए, अब वापस कर दे। फिर उसने कहा—खलीफा आप बुरा मत मानना...
- खलीफा ने कहा—बच्चे कहाँ गये?...? उसने कहा-बच्चे कह गये हैं कि पिताजी से कह देना कि आज हम देर से आयेंगे, पिताजी खाना खा लें। उन्हो...
- खलीफा ने पूछा-इस पुस्तक में क्या लिखा है?...? फरिश्ते ने जवाब दिया-उनके नाम जो भगवान् की भक्ति किया करते हैं। उमर ने पूछा इसमें मेरा भी नाम है क्य...
- खाई-खड्ड में साँप-बिच्छू आ जाएँ तो?...? हाँ, साँप-बिच्छू आ जाएँगे तो काट सकते हैं। वहाँ रात के अँधियारे में बत्ती तो जलती होगी? नहीं साहब! ब...
- खाईं पाटने के लिए क्या किया जाए और खण्डहरों के स्थान पर नया भवन कैसे खड़ा हो?...? समय की माँग यह है कि रचनात्मक प्रयोगों को हाथ में लिया जाए। अनौचित्य को निरस्त करना ही काफी नहीं, मह...
- खाते-पीते तक नींद धर दबाती है और फिर कहाँ की पुस्तकें और कहाँ की पढ़ाई?...? सायंकाल तो ऐसा रहता ही है। इस प्रकार के न जाने कितने काम उनके लिए सबेरे भी लगे रहते हैं। इनके अतिरिक...
- खाद और पानी का इस्तेमाल हमने कैसे किया?...? वही हमें बताना था। जब मैं चला जाऊँगा, तब फिर लोगों के सामने वही परिस्थितियाँ आ जाएँगी, माँगने वाले फ...
- खाद और पानी क्या है?...? खाद और पानी का मतलब है—योग और तप। उसी योग और तप के लिए हमने आपको यहाँ शिविर में बुलाया है। मित्र...
- खाद की जरूरत नहीं है?...? पानी की जरूरत नहीं है उनकी। रखवाली की जरूरत नहीं है उनकी। आप रखवाली नहीं करेंगे, खाद-पानी न देंगे तो...
- खाद की जरूरत नहीं है?...? पानी की जरूरत नहीं है? उनकी रखवाली की जरूरत नहीं है? उनकी रखवाली न करेंगे, खाद-पानी नहीं देंगे, तो प...
- खाद्य को प्राकृतिक रूप में खाने में क्या आफत आ गयी?...? यह सरल है, कठिन नहीं है। यह साधना नहीं मामूली बात है। हम एक ऐसे महात्मा को जानते हैं, जो भीख माँगकर ...
- खाद्य पदार्थों में क्या जायका होता है?...? गोरखपुर में ‘‘आरोग्य मन्दिर’’ नामक एक संस्था है, जहाँ प्राकृतिक चिकित्सा का शिक्षण होता है। वहाँ से ‘...
- खान-पान का जो आपको नियम-बन्धन बताये गये हैं क्या आप घर पर नहीं कर सकते थे, क्यों नहीं कर सकते थे?...? क्या वजह है जो नहीं कर सकते थे। जप-अनुष्ठान जो आप से कराया जा रहा है क्या आप घर नहीं कर सकते थे? जरू...
- खान-पान सम्बन्धी जो नियम-बन्धन आपको बताए गए हैं, क्या आप उसे घर पर नहीं कर सकते थे?...? क्यों नहीं कर सकते थे। कौन सी ऐसी वजह है जो आप नहीं कर सकते हैं? यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता ह...
- खान-पान सम्बन्धी जो नियम-बन्धन आपको बताये गये हैं, क्या आप उसे घर पर नहीं कर सकते थे?...? क्यों नहीं कर सकते थे? कौन सी ऐसी वजह है जो आप नहीं कर सकते हैं? यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता ह...
- खान-पान सम्बन्धी जो नियम-बन्धन आपको बताये गये हैं, क्या आप उसे घर पर नहीं कर सकते थे?...? क्यों नहीं कर सकते थे। कौन-सी ऐसी वजह है जो आप नहीं कर सकते हैं? यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता ह...
- खानपान के सम्बन्ध में कभी आपको मौका आये, तो आप प्रशंसा तो करना, परन्तु किसकी करेंगे?...? आप उसकी भावना की, खिलाते समय उसका जो प्रेम है, उसकी प्रशंसा करना, लेकिन पदार्थों की प्रशंसा मत करन...
- खाना किसलिए खिला रहा है?...? ये तो गोल-मटोल हैं, इनके तो मुँह नहीं है, आँखें नहीं हैं। नहीं, महाराज जी! ये तो पाँच मुँह के हैं। ब...
- खाना कौन चाहता है?...? मिट्टी। ये क्या हैं? ये हमारी भौतिक इच्छाएँ हैं। हमारी जीभ की मिट्टी मिर्च की मिट्टी को खाना चाहती ह...
- खाना कौन चाहता है?...? मिट्टी। ये क्या हैं? ये हमारी भौतिक इच्छाएँ हैं। हमारी जीभ की मिट्टी मिर्च की मिट्टी को खाना चाहती ह...
- खाना कौन पकाएगा, काम कौन करेगा?...? कितने नौकर चाहिए? दस हजार नौकर चाहिए। दस हजार नौकरों के लिए गड्ढे तो इतने नहीं बन सके, पर दस हजार नौ...
- खाना क्यों नहीं खाया?...? मैं जब कन्या सत्र में शान्तिकुञ्ज आई थी तो हमारा ग्रुप सबसे बड़ा ग्रुप था। उस सत्र में 250 लड़कियाँ थी...
- खाना तो सही बेटे, पर क्या करेगा?...? तेरी इज्जत और तेरा इंटरव्यू उसके ऊपर टिका हुआ है। मैंने तुझे यहाँ सिखाया था कि जिह्वा का हमें संयम...
- खाना पकाएँगे नहीं तो कैसे काम करेंगे?...? विचार आपके पास हैं, मन बहुत अच्छा है, श्रद्धा बहुत है तो सक्रियता के रूप में परिणत कीजिए। तो सक्रियत...
- खाना बन्द कर दें तब?...? अरे साहब! चाय का वक्त हो गया है। चुप। खाने का वक्त हो गया? चुप। मन को काबू में लाने की प्रक्रिया ...
- खाने का भी आनन्द होगा, यह तो मैं नहीं कह सकता, लेकिन आपने कभी किसी को खिलाया भी है अभागो?...? यहाँ से माँग लाए, वहाँ से माँग लाए, उसका वरदान माँग लाए, उसकी कृपा लाए, उसका आशीर्वाद लाए। यह भी कोई...
- खाने का भी आनन्द होगा, यह तो मैं नहीं कह सकता, लेकिन आपने कभी किसी को खिलाया भी है अभागों?...? यहाँ से माँग लाए, वहाँ से माँग लाए उसका वरदान माँग लाए उसकी कृपा लाए, उसका आशीर्वाद लाए। यह भी कोई म...
- खाने का भी इंतजाम करेंगे?...? क्या इंतजाम करेगा? ले आ कुछ डबल रोटी, बिस्कुट ले आ, बोर्नवीटा ले आ, कुछ हॉर्लिक्स ले आ, कुछ दूध ले...
- खाने का वक्त हो गया?...? चुप। मन को काबू में लाने की प्रक्रिया का नाम है—मंत्र चल पहले भजन कर, फिर देख कि मन लगता है कि...
- खाने के लिए कुछ मिलता होगा या नहीं?...? वहाँ जाने काफी मिलती होगी कि नहीं? आमलेट मिलती होगी की नहीं? अगर ये चीजें नहीं मिलती होंगी, तो बताइय...
- खाने को उन्हें बहुमूल्य भोजन कहाँ मिलता है?...? सर्दी-गर्मी से बचने का भी प्रबन्ध नहीं होता। गाड़ी की छाया में ही गुजर कर लेते हैं, फिर भी उनके शरीर...
- खाने को मिठाई मिली, नमकीन मिली, कचौड़ी मिली, क्या यही आनन्द है?...? नहीं यह आनन्द नहीं है। यह तो सम्वेदना है, आदमी की जीभ का जायका है। यह स्थायी नहीं हो सकता। जितनी देर त...
- खाने में क्या चीज है?...? शरीर पर कंट्रोल करने से पेट हमारी बात मानेगा। शरीर को अपने वश में रखने के लिए एक छोटा-सा प्रयास है, ...
- खाने में क्या होता है?...? इसमें आदमी का सफाया कर डालते हैं, मार डालते हैं, कत्ल कर डालते हैं। इसको मार डालना कहते हैं। चूसना...
- खाने में महँगाई बरदाश्त कर रहे हैं, कपड़े में महँगाई बरदाश्त कर रहे हैं, रेल किराए में महँगाई बरदाश्त कर रहे हैं तो समाज के हित के लिए क्यों महँगाई बरदाश्त नहीं करेंगे?...? आप उदार बनिए, अंशदान के बारे में उदार बनिए। एक घण्टे समयदान के लिए कभी हमने कहा था, जब शुरू में आप बच...
- खाने-पाने की कमी है क्या?...? कुछ कमी नहीं है। अगर आदमी भले आदमी के तरीके से रहे तो बीमारी भी नहीं आए। बीमारी आएगी तो वैसे कदाचित ...
- खाने-पीने की कमी है क्या?...? कुछ कमी नहीं है। अगर आदमी भले आदमी के तरीके से रहे तो बीमारी भी नहीं आएँ। बीमारी आएगी तो वैसे कदाचित...
- खाने-पीने को न मिले शारीरिक दुख, हारी बीमारी हो जाये शारीरिक दुख, बस और क्या दुख है बताइये, कोई दुख नहीं, खाने पीने की कमी है क्या?...? नहीं, कुछ कमी नहीं, आप सऊर से रहें भले आदमी के तरीके से तो बीमारी भी नहीं आये। बीमारी आयें भी तो ऐसी...
- खाने-पीने को नहीं मिले तो शारीरिक दु:ख, हारी-बीमारी हो जाए तो शारीरिक दुःख, बस और क्या दुःख है बताइए?...? कोई दु:ख नहीं है। खाने-पाने की कमी है क्या? कुछ कमी नहीं है। अगर आदमी भले आदमी के तरीके से रहे तो बी...
- खाने-पीने को नहीं मिले तो शारीरिक दुःख, हारी-बीमारी हो जाए तो शारीरिक दुःख—बस, और क्या दुःख है, बताइए?...? कोई दुःख नहीं है। खाने-पीने की कमी है क्या? कुछ कमी नहीं है। अगर आदमी भले आदमी के तरीके से रहे तो बी...
- खामिखाजे को पूरा नहीं करेंगे, तब फिर बात कैसे बनेगी?...? इष्टापूर्ति का मतलब क्षतिपूर्ति होता है, जो प्रायश्चित का बहुत महत्त्वपूर्ण अंग होता है। इसलिए कर्ज ...
- खालिस ब्राह्मण क्या कर सकते हैं?...? शरीर को ढकने के लिए हमको कपड़े की जरूरत पड़ती है, इसलिए कपड़े पहनने पड़ते हैं। समाज में रहते हैं तो ...
- खालिस ब्राह्मण क्या कर सकते हैं?...? शरीर को ढकने के लिए हमको कपड़े की जरूरत पड़ती है, इसलिए कपड़े पहनने पड़ते हैं। समाज में रहते हैं तो नं...
- खाली विचार करें कैसे बने?...? आप उनकी विचारों की एक बड़ी सामर्थ बना लीजिए, एक सेना बना लीजिए।...
- खासतौर से परमार्थ या लोक-मंगल क्या हो सकता है?...? सबसे बेहतरीन तो यही है कि अब भगवान ने आपको अपने व्यक्तिगत कामों में शरीक होने के लिए दावत दी है। और ...
- खासतौर से परमार्थ या लोकमंगल क्या हो सकता है?...? सबसे बेहतरीन तो यही है कि अब भगवान ने आपको अपने व्यक्तिगत कामों में शरीक होने के लिए दावत दी है और क...
- खिलाने का जायका क्या होता है, यह आपको कैसे बता दें?...? अगर खिलाने का जायका, खिलाने का आनन्द पूछना हो तो किसी माँ से पूछना कि माताजी! आप अपनी छाती का दूध निक...
- खिलाने का जायका क्या होता है, यह आपको कैसे बता दें?...? अगर खिलाने का जायका, खिलाने का आनन्द पूछना हो तो किसी भी से पूछना कि माताजी ! आप अपनी छाती का दूध निक...
- खिलायेंगे कहाँ से?...? ऐसे आदमी आयेंगे, तो मुश्किल पड़ जायेगी। काम कैसे चलेगा? भगवान करते हैं इनसान का सहयोग बुद्ध विचार...
- खिलौना कहाँ रखा हुआ है?...? दक्षिणेश्वर के मन्दिर में। क्या रखा हुआ है? खिलौना और देवी! देवी नहीं है, खिलौना है। अभी यहीं पड़ी हु...
- खिलौना-गाय दूध कहाँ देती है?...? खिलौना-हाथी की पीठ पर बैठकर लम्बा सफर कहाँ किया जा सकता है? खिलौना-मुर्गी अण्डे कहाँ देती है?यही बात...
- खिलौना-मुर्गी अण्डे कहाँ देती है?...? यही बात सुखी और समुन्नत संसार में सतयुगी वातावरण बनाये रखने वाले देव-मानवों के सम्बन्ध में भी है। इन...
- खिलौना-हाथी की पीठ पर बैठकर लम्बा सफर कहाँ किया जा सकता है?...? खिलौना-मुर्गी अण्डे कहाँ देती है?यही बात सुखी और समुन्नत संसार में सतयुगी वातावरण बनाये रखने वाले दे...
- खीज़, क्षीणता, जलन और पछतावे के सिवाय इस भूल भरे मार्ग पर और मिलना ही क्या था?...? सब कुछ गवाँ बैठने पर भी तृष्णा और वासना के शूल अभी भी वैसा ही दर्द करते रहते हैं और चैन नहीं मिल...
- खीझ से बचने में क्या दिक्कत है?...? आप अपना दृष्टिकोण बदल दीजिए न। अगर दृष्टिकोण बदल देते हैं तो मैं आपको स्वर्ग का रहने वाला कहूँगा।
...
- खीझ से बचने में क्या दिक्कत है?...? आप अपना दृष्टिकोण बदल दीजिए न। अगर दृष्टिकोण बदल देते हैं तो मैं आपको स्वर्ग का रहने वाला कहूँगा। दृ...
- खीझी हुई प्रकृति क्या बदला ले सकती है?...? अणु उपकरणों के बदले क्या प्रकृति ही सर्वनाश, महाप्रलय सामने लाकर खड़ी कर सकती है? यह सब सोचने की मान...
- खुदगर्ज क्या होता है और परोपकारी क्या होता है?...? क्या है ब्राह्मणत्व
ब्राह्मणत्व क्या होता है? असली ब्राह्मण कौन होता है, क्या हो सकता है, उसके गु...
- खुदगर्ज क्या होता है और परोपकारी क्या होता है?...? ब्राह्मणत्व क्या होता है? असली ब्राह्मण कौन होता है, क्या हो सकता है, उसके गुण क्या हैं? उसका आदर्श ...
- खुदा का नाम नहीं लिया तो क्या?...? भजन नहीं किया तो क्या? लेकिन दुनिया को अच्छा बनाने के लिए, दूसरों के कष्टों को कम करने के लिए, अपना ...
- खुदाबन्द करीम के यहाँ जब मीटिंग जैसी तो उसमें यह पता लगाया गया कि इस बार किस-किस की यात्रा कबूल हुई?...? फरिश्ते बैठे हुए थे। उनने बताया कि खुदाबन्द करीम ने आज की मीटिंग में इस साल में केवल एक आदमी की हजयात...
- खुराक कहाँ से मिलती है?...? उसी की बात मैं कह रहा था। दीपक की लौ जो ऊपर जलती है, उसके लिए दीपक में तेल भरना पड़ता है। आप क्या करत...
- खुराक क्यों माँगता है?...? मैंने निवेदन किया आपसे। व्यक्ति-निर्माण, परिवार-निर्माण और समाज-निर्माण के लिए आपकी गतिविधियाँ चलनी ...
- खुराक होनी चाहिए?...? हर चीज खुराक चाहती हैं। बगीचा खुराक चाहता है, खेती खुराक चाहती है। बच्चा खुराक चाहता है। उद्योग खुरा...
- खुली हवा में साँस लेने का अधिकार उसको है कि नहीं?...? बिलकुल कतई अधिकार नहीं। उसको तो बस, उतना अधिकार है। गुलामी तो चली गई; लेकिन मानसिक गुलामी अभी भी है।...
- खुशबू किस के अन्दर होगी?...? भक्त के अन्दर होगी, उस उपासक के अन्दर होगी, उस सन्त के अन्दर होगी जो अपनी सुगन्धि सारे संसार को बाँट...
- खुशबू किसके अन्दर होगी?...? भक्त के अन्दर होगी, उस उपासक के अन्दर होगी, उस सन्त के अन्दर होगी, जो अपनी सुगन्धि सारे संसार को बाँ...
- खुशहाल होगा तो कैसे?...? देश की दौलत बढ़ेगी तो कैसे? हमें देश में फैक्ट्री लगानी चाहिए, इसके लिए आप कुछ मदद कर सकते हैं? उन्हो...
- खूँखार अंगुलिमाल डाकू, लेकिन जब उसने पलटा खाया, तो कैसा जबरदस्त पलटा खाया आपको मालूम है न?...? अंगुलिमाल जब तक डाकू था, तो पहले नंबर का और जब सन्त हो गया, तो उसने हिन्दुस्तान से आगे जाकर के सारे के...
- खूँख्वार अंगुलिमाल डाकू, लेकिन जब उसने पलटा खाया, तो कैसा जबरदस्त पलटा खाया, आपको मालूम है न?...? अंगुलिमाल जब तक डाकू था, तो पहले नंबर का और जब सन्त हो गया, तो उसने हिन्दुस्तान से आगे जाकर के सारे-...
- खून इंजेक्शन द्वारा लगवाते हैं, तो उसके लिए हमको ढेरों पैसे देने पड़ते हैं?...? डॉक्टर भी ढेरों पैसे हमसे वसूल कर लेते हैं। हमको चोट लग जाय और किसी को खून देना पड़े तो उसका एहसान हो...
- खून का क्या हुआ?...? खून को नाड़ियों में भेज दिया गया। नाड़ियों ने हृदय को दिया, हृदय ने नाड़ियों को दिया। क्या है आध्यात्मि...
- खून के लिए आप उस व्यक्ति का एहसान मानते हैं, लेकिन जिस माँ ने अपना इतना सारा खून, हड्डियाँ, माँस बराबर नौ महीने तक दिया, तो क्या यह त्याग नहीं है?...? यज्ञ नहीं है? यज्ञ माने होता है —सैक्रीफाइस। यज्ञ होता है—कुर्बानी के लिए, बलिदान के लिए, सेवा के लि...
- खून दूध के रूप में पिला दिया, उस एहसान का क्या ठिकाना?...? कभी आपने उस माँ को उस एहसान की दृष्टि से देखा होता, तो देवता को ढूँढ़ने के लिए आपको कहीं और जाने की...
- खून पीने को क्या स्थान है?...? कत्ल करने के लिए धर्म से क्या ताल्लुक है? ये तो घोर नृशंस पाप है, पिशाचपन है?ये पिशाचपन हमारे हिन्दू...
- खून बना करके उसे कहाँ भेज दिया गया?...? दिल को भेज दिया गया। दिल से मैंने कहा—‘‘अब यह खून बहुत मजेदार है, बहुत कीमती है और फोकट में मिला है।...
- खून लेकर बाँदी चली, तो उसने कहा—फिर से आप आएँगी ना?...? उसने कहा—अभी नहीं आऊँगी। बाँदी ने ड्रेसिंग कर दी, खून बन्द हो गया। बस वही एक असली मजनू था। आपने सुना ...
- खून-खच्चर दिखाई नहीं पड़ते?...? अभी पंजाब का खून-खच्चर दिखाई नहीं पड़ा।...
- खूब हँसे और कहा, ‘‘ज्वाला, इसका भी उद्घाटन करूँ?...? ’’
ज्वाला प्रसाद जी ने चुपचाप सिर हिला दिया। दीपक जल उठे। गरीबों की भावना ने भगवान का दिल छू लिया थ...
- खूबसूरत है तो क्या, बिना खूबसूरत है तो क्या?...? यह संसार एक बगीचा है। इसमें सभी तरह की चीजें हैं। हमारा सीमितपन क्यों हो? हम मोह के बन्धन में क्यों ब...
- खूबसूरती का क्या करेंगे?...? नहीं साहब! कामवासना में ज्यादा काम आएगी। इसकी आँखें बड़ी हैं, नाक बड़ी है। तो आप कामवासना के लिए विव...
- खेत का मालिक नहीं देख रहा था, तो क्या हुआ?...? लेकिन सबका मालिक भगवान तो देख रहा था।’’भगवान देख रहा था, यह यकीन और यह विश्वास हमारे भीतर आये जो क...
- खेत को अगर आप जोतेंगे नहीं तो फिर बीज बोएँगे कैसे?...? फसल पैदा हो जाएगी? यह खेत की जुताई, राम नाम का जप करना अथवा अन्य किसी तरीके से अपने आपका परिष्कार कर...
- खेत में कौन अपना सिर फोड़ेगा?...? घर में इतना पैसा रखा हुआ है, इसका क्या करेंगे? सब लोग मौज करने लगे। खेती-बाड़ी बन्द कर दिया, काम धन...
- खेत में बीज नहीं बोया जाएगा, तो उगेगा कहाँ से?...? आप गेहूँ बोयेंगे, तो गेहूँ उगेगा, चावल बोयेंगे तो चावल उगेगा, जो कुछ भी आपने बोया है, वही उगेगा। लेक...
- खेतों में इतनी सामर्थ होती, तो फिर आप (क्यों) क्यों किसी का इन्तजार करते?...? बादलों को ही आना पड़ेगा। घर-घर आपको ही जाना पड़ेगा - आपके पास नहीं आएँगे। दुर्घटना से घिरे हुए आदमी कि...
- खेलकूद हम खेलें बेशक स्वास्थ्य की दृष्टि से, लेकिन ऐसे खेलकूद नहीं होने चाहिए, जो समय की बरबादी करते हों—जैसे ताश खेलना, शतरंज खेलना, चौपड़ खेलना, इससे क्या मिलता है?...? इसमें कौन लाभ मिलता है? गेंद खेली जाय समझ में आता है, क्रिकेट खेल लिया, फुटबॉल खेल लिया समझ में आता ...
- खोखलापन रह जायेगा और जमीन जब खोखली हो जायेगी भीतर की गरमी जब कम हो जायेगी तो पैदावार कम होगी की नहीं?...? पैदावार कम होगी पैदावार घटेगी। जो भूकंप आते हैं विस्फोट होते हैं चलेंगे कि बन्द हो जायेंगे। अरे ब...
- खोजों का रूप क्या है?...? खोजों की नींव यह मस्तिष्क है। यह न जाने कैसा है? सारे के सारे क्रियाकलाप न जाने कहाँ-कहाँ से प्रवाहि...
- खोपरे की कोई कीमत है?...? नहीं है। कर्मकाण्ड, जिसके बारे में लोगों ने यह ख्याल बनाकर रखा है कि यह कर्मकाण्ड करने से उनको यह फा...
- खोपरे की कोई कीमत है?...? नहीं है। कर्मकाण्ड जिसके बारे में लोगों ने यह ख्याल बनाकर रखा है कि यह कर्मकाण्ड करने से उनको यह फाय...
- ख्याति क्या होती है?...? ख्याति वो होती है, जो पैसा देकर खरीदी जा सके। ख्याति पैसा देकर खरीदी जा सकती है, पर कीर्ति पैसा देकर...
- ख्याति क्या होती है?...? ख्याति वो होती है, जो पैसा देकर खरीदी जा सके। ख्याति पैसा देकर खरीदी जा सकती है, पर कीर्ति पैसा देकर...
- ख्वाबों की दुनिया में घूमने का परिणाम क्या होगा?...? आपके हाथ निराशा लगेगी। फिर निराशा का परिणाम क्या होगा? निराशा का परिणाम यह होगा कि उस सिद्धान्त के प्...
- खड़े हुए पानी पी लें?...? हाँ, खड़े हुए पानी पी लो। नहीं, महाराज जी। मैं तो पालती मारकर बैठूँगा और पानी पीऊँगा। कोई नुकसान नहीं...
- गंगा अगर स्वर्ग में रहती तो आज जो लोग गंगा के तट पर व्रत करते हैं, आरती करते हैं वह कौन करता?...? गंगा ने सारे समाज को धन्य कर दिया। हम किसी औरत की जयंती मनाने नहीं आये हैं, हम आज आदर्शों की, सिद्धा...
- गंगा कितनी विशाल है?...? क्या आपने कभी सोचा? वह हिमालय से भगीरथ के आवाज पर इस धरती पर आईं तथा इस धरती के लोग जो त्राहि-त्राहि...
- गंगा की उलटी धारा बहने कैसे लगी?...? सूर्य पच्छिम से उदय और पूर्व में अस्त कैसे हो रहा है? इस पहेली को बूझने के लिए हमें पिछले एक हजार वर...
- गंगा की महत्ता तो आप जानते हैं न?...? गंगा की कितनी बड़ी महत्ता है। गंगा को सारा संसार जाने क्या-क्या मानता है। भौतिक दृष्टि से भी और आध्य...
- गंगा की महत्ता तो आप जानते हैं न?...? गंगा की कितनी बड़ी महत्ता है। गंगा को सारा संसार जाने क्या-क्या मानता है। भौतिक दृष्टि से भी और आध्या...
- गंगा की महत्ता तो आप जानते हैं न?...? गंगा की कितनी बड़ी महत्ता है। गंगा को सारा संसार जाने क्या-क्या मानता है? भौतिक दृष्टि और आध्यात्मिक ...
- गंगा को सारा संसार जाने क्या-क्या मानता है?...? भौतिक दृष्टि और आध्यात्मिक दृष्टि से भी। यहाँ गंगा जी प्रवाहित होती हैं। जिस स्थान पर हमने यह शान्ति...
- गंगा क्या है?...? गंगा का एक स्वरूप वह है जो यहाँ जमीन पर बहती है। जिसने मरों का, दुष्ट-पापियों का उद्धार कर दिया, ज...
- गंगा जहाँ से निकलती थी, गोमुख से, वहाँ से बढ़ी, फिर आगे और बढ़ी और बढ़ी फिर क्या बनी?...? बेटे! नहरें निकलती रहीं। आपने देखी हैं? बड़ी-बड़ी नहरें निकलती रहीं; लेकिन आपने देखा उसमें? कोई कमी नह...
- गंगा जी में नहाने से पाप दूर कैसे हो सकते हैं?...? गंगा जी में नहाने से तेरा पाप दूर हो सकता है, तो जरा देख। किसी के यहाँ चोरी कर ले और फिर मजिस्ट्रेट ...
- गंगा नहाने से क्या फायदा?...? और ढोंग करने से क्या फायदा? जब इन लोगों को इनसे फायदा नहीं हो सकता, तो हमारे जैसे आदमी कैसे आशा रख स...
- गंगा फलेगी और कौन देगा?...? हिमालय। अरे! हिमालय नहीं देगा तो दुनिया देगी। चम्बल ने कहा—हम भी चलेंगे। सरयू ने कहा—हम भी चलेंगे। घ...
- गंगा माँ की उदारता देखी है, उसकी शीतलता देखी है, उसकी पवित्रता देखी है उसने तो आपके पापों को धोया है और आप पाप चढ़ा भी आए और पुनः कर भी रहे हैं, तो पाप हटे कहाँ हैं?...? हटे नहीं बेटे! हटाना है, तो उसके लिए शपथ लेनी है।
गुरुदेव से प्रेरणा लें
जैसा कि मैंने अभी आपसे ...
- गंगा में नहाते हैं, तो क्या?...? इनने केवल एक काम किया है—अधूरा काम और उसका नाम है—भजन। अकेला भजन अधूरा है, जब तक उसके साथ साधना जुड़ी...
- गंगाजी का पानी इलाहाबाद में खर्च हो गया, कानपुर में खर्च हो गया और कहाँ-कहाँ पानी खर्च हो गया?...? बनारस में पानी खर्च हो गया, तो गंगा जी क्या कम हो गईं? कम नहीं हो सकतीं। ये लोकहित में प्रवाहित इसके...
- गंगाजी पर कौन नहा रही है?...? सब वेश्या। अरे साहब! दुनिया में कोई सती, साध्वी, बेटी, माँ, बहन कोई है? नहीं साहब! दुनिया में कोई बह...
- गंगाजी पर कौन नहा रही है?...? सब वेश्या। श्री साहब! दुनिया में कोई सती, साध्वी, बेटी, माँ, बहन कोई है?? नहीं साहब! दुनिया में कोई ...
- गंगाजी पर कौन नहा रही है?...? सब वेश्या। अरे साहब! दुनिया में कोई सती साध्वी, बेटी,माँ,बहन कोई है? नहीं साहब! दुनिया में कोई बहन न...
- गन्दगी को दूर करने के लिए अच्छी सुगन्ध फैलाना क्या है?...? यह हमारा फर्ज है और हमारा नागरिक कर्तव्य है, ताकि समाज से जब हम विदा हों तो हमारा बैलेंस बराबर हो जा...
- गन्दगी को दूर करने के लिए अच्छी सुगन्ध फैलाना क्या है?...? यह हमारा फर्ज है और हमारा नागरिक कर्तव्य है, ताकि समाज से जब हम विदा हों तो हमारा बैलेंस बराबर हो जा...
- गन्दगी नहीं होगी तो वहाँ क्या होगा?...? लोग मलीनता के आदी न होंगे तो क्या होगा? आज हमारा ग्रामीण जीवन ऐसा ही है, अस्त-व्यस्त है, गन्दगी उसके ...
- गन्दगी में आकर भगवान क्या करेगा?...? अवागढ़ महाराज के यहाँ जब वे तब के मामूली से वकील गन्दगी पसन्द न कर सके और जब गवर्नर आ रहे हैं तो ट्रैफ...
- गन्दी हवा कैसे निकालें?...? बेटे! तू गन्दी हवा को निकाल दे, नई हवा हम दे देंगे। नहीं साहब! हमको नए विचार दे दीजिए। नई भक्ति द...
- गंदे को कौन अपने समीप बिठाना चाहेगा?...? दुर्गन्ध से किसे अपनी नाक, मलीनता से किसे अपनी आँखें और हेय प्रवृत्ति को देखकर कौन मनोदशा क्षुब्ध करन...
- गंदे चित्र बिकते हुए आपने देखे नहीं?...? दीपावली के दिनों आपने गली-गली, मोहल्ले-मोहल्ले और चौराहे-चौराहे पर तसवीर वालों की दुकानों को देखा नह...
- गंदे नाले में गंगाजल डाल देगा तो क्या सारा का सारा गन्दा नाला शुद्ध हो जाएगा?...? गन्दा नाला शुद्ध नहीं होगा, वरन वह गंगाजी भी गन्दा नाला हो जाएगी। तू मोटी बातें भी समझता क्यों नहीं, म...
- गंदे वाले, निकम्मे वाले हीरे को आप एक पोटली में बाँधकर रख दें, तो क्या कोई एहसान है?...? नहीं वो एहसान नहीं है। एहसान वो है जिसकी पहल को हमने काट दिया, घिस दिया।
मित्रो ! लोगों को हम...
- गज की तो एक ही टाँग पकड़ी थी और हमारे टाँगें तो हैं चार और मगर?...? मगर हैं छह? छह मगरों ने चार टाँगें पकड़ रखी हैं और एक-एक हमारी पूँछ पकड़ रखी है। एक हमारी सूँड़ पकड़ रख...
- गजनवी ने कहा—क्यों?...? आप समझा दीजिए कि क्यों नहीं तोड़ना चाहिए। क्योंकि ये भगवान हैं। भगवान हैं, तो इन्हें तोड़ने से क्या ...
- गटापार्चा, जो छदाम भर का होता है, दो पैसे का होता है, उसको हम जलाते हैं और जलाने के बाद में अभ्रक भस्म बनाते हैं और क्या-क्या बनाते हैं?...? हम रसायन बनाते हैं। रसायनों में मकरध्वज प्रसिद्ध है। उसमें भी पारे को तपाते हैं। सारी चीजों को, जितन...
- गठान कहाँ गई?...? किसका आपरेशन करना है? ऐसे वरदान बाँटती थीं माताजी, जिनसे हम भी धन्य हुए।माताजी की दिव्य दृष्टि
श्री...
- गड़े मुरदे उखाड़ने से क्या काम बनता है?...? बच्चे उन्हें कहते हैं, जो आगे की बात सोचते हैं। हमारा ब्याह हो जाएगा तो हवाई जहाज में बैठेंगे, यहाँ-...
- गड्ढा न होगा तब?...? सूरज की कृपा तो हरेक के ऊपर है; पर जिसकी आँखें खराब हो गई हों, उसको क्या कर लेगा सूरज! दुनिया में एक...
- गड्ढा न होगा तब?...? सूरज की कृपा तो हरेक के ऊपर है; लेकिन जिसकी आँखें खराब हो गई हों, उसके लिए क्या कर सकता है सूरज! दुन...
- गड्ढे तमाम जगह क्यों नहीं हो गए?...? भर क्यों नहीं दिए इसने तमाम जगह? बहुत सारे विरान क्यों पड़े हुए हैं? रेगिस्तान क्यों वीरान पड़े हैं? ब...
- गढ़ लेता है?...? अरे बाबा! सुनता है कि नहीं, गढ़ लेता है। हमने भगवान गढ़ा हुआ है। किसका गढ़ा हुआ है? अपने ध्यान की, ध...
- गणिका ने जब राम का नाम लिया, फिर उसने क्या नाचना, गाना जारी रखा?...? क्या वेश्यावृत्ति जारी रखी? नहीं महाराज! जिस दिन से उसने राम का नाम लिया, उसके बाद कभी नहीं नाची! ...
- गणेश कौन होता है?...? ऋद्धियों-सिद्धियों का देवता। गणेश जी की दो पत्नियाँ थीं। एक का नाम था—ऋद्धि और एक का नाम था—सिद्धि।
...
- गणेश जी का पेट तो इतना बड़ा है?...? थैली भर चावल पकाकर लाइये। अगर आप यही मानते हैं कि चावल चढ़ाना है, तो मखौल मत कीजिए। मक्खनबाजी मत कीजि...
- गणेश जी को तो तरीका मालूम है कि उनको क्या करना और कैसे रहना चाहिए?...? उनके पास तो सब इंतजाम हैं। दो-दो बीबियाँ हैं—ऋद्धि-सिद्धि। एक खाना पका देती है, एक कपड़े साफ कर देती...
- गणेश जी को तो तरीका मालूम है कि उनको क्या करना और कैसे रहना चाहिए?...? उनके पास तो सब इंतजाम हैं। दो-दो बीबियाँ हैं-ऋद्धि। एक खाना पका देती है, एक कपड़े साफ कर देती है। आप...
- गणेश जी मरेंगे कि जिएँगे कच्चा चावल खाने से?...? कच्चा चावल खाएँगे। कच्चा चावल नहीं खा सकते गणेश जी। गणेश जी को चावल खिलाना है, तो पकाकर लाइए। पका कर...
- गणेशजी के पास क्यों चला गया?...? तू तो हमारा चेला था। तूने हमको क्यों नहीं खिलाया? मित्रो! बड़ी भारी अराजकता फैल जाएगी इस तरह और फिर न...
- गणेशजी जी, शिवजी, हनुमान् जी क्या दे पायेंगे?...? जब वे अपनी सेवा करने वाले पुजारियों को नहीं दे पाये, तो हमको क्या दे पायेंगे? दो शक्तियाँ अपने भीत...
- गधा नहीं जानता कि मुझ पर किस कारण बोझ लादा जाता है?...? लादने वाले के साथ मेरा क्या सम्बन्ध है? मैं किस प्रकार अन्याय का शिकार बनाया जा रहा हूँ? वह अधिक बोझ...
- गधे का पेट कितना बड़ा है?...? घोड़े का पेट कितना बड़ा है? परन्तु आदमी का पेट कितना छोटा है। जरा सा है। उसके लिए थोड़ा-सा चार मुट्ठी ...
- गधे का बच्चा हुआ तब?...? क्यों पिलाएगी गाय। गाय का एक ही बच्चा होना चाहिए। आपको सन्त का बच्चा होना चाहिए, ऋषियों का बच्चा होना...
- गधे को कम क्यों?...? बन्दर को कम क्यों? लोमड़ी को कम क्यों? ऐसे शरीफ बाप को बेइंसाफी नहीं करनी चाहिए। हर बेटे को बराबर देना...
- गधे ने पूछा—तुम अपने भगवान से मिलने रामेश्वरम् जा रहे थे, तो मुझे जल क्यों पिलाया?...? एकनाथ ने कहा—हाँ मैं भगवान से मिलने ही जा रहा था, पर तुम प्यासे थे सो गंगाजल तुम्हें पिला दिया। गधे ...
- गधे ने पूछा—तुम अपने भगवान से मिलने रामेश्वरम् जा रहे थे, तो मुझे जल क्यों पिलाया?...? एकनाथ ने कहा—हाँ, मैं भगवान से मिलने ही जा रहा था, पर तुम प्यासे थे सो गंगाजल तुम्हें पिला दिया। गधे...
- गधों के शादी-ब्याह क्या होते हैं?...? नहीं होते। फिर सारी शिक्षायें, सारी योग्यताएँ हम मनुष्यों को ही क्यों दे दीं? दूसरों को क्यों नहीं द...
- गन्दी आँखों से देखेंगे?...? आँखें खराब हो जाएँगी। तेरी आँखें फूट जाएँगी। सीताजी के साथ में ऐसे गन्दे ढंग से पेश आते हैं। ये सब क...
- गन्दे इशारे करेंगे?...? गन्दी आँखों से देखेंगे? आँखें खराब हो जाएँगी। तेरी आँखें फूट जाएँगी। सीताजी के साथ में ऐसे गन्दे ढंग...
- गन्दे को कौन अपने समीप बिठाना चाहेगा?...? दुर्गन्ध से किसे अपनी नाक, मलीनता से किसे अपनी आँखें और हेय प्रवृत्ति को देखकर कौन अपनी मनोदशा क्षुब...
- गन्दे गीत गाएँगे?...? गन्दे इशारे करेंगे? गन्दी आँखों से देखेंगे? आँखें खराब हो जाएँगी। तेरी आँखें फूट जाएँगी। सीताजी के स...
- गन्दे नाले में गंगाजल डाल देगा तो क्या सारा का सारा गन्दा नाला शुद्ध हो जाएगा?...? गन्दा नाला शुद्ध नहीं होगा, वरन् वह गंगाजी भी गन्दा नाला हो जाएगी। तू मोटी बातें भी समझता क्यों नहीं...
- गया समय फिर वापस लौटता कहाँ है?...? हनुमान ने, विभीषण ने, अर्जुन ने, बुद्ध ने अपने निर्णय तत्काल कर लिए थे। यदि वे बात को फिर कभी के लिए...
- गरम इनसान किसे कहते हैं?...? बेटे! हम गरम इनसान का प्रशिक्षण देते हैं। आपको भीतर से गरम करने की नसीहत देते हैं।
गरम करने ...
- गरम करने के बाद लोहा क्या बन जाता है?...? फौलाद बन जाता है, स्टील बन जाता है। जितनी गरमी हम इसे देते जाते हैं, उसी हिसाब से लोहा मजबूत बनता जा...
- गरम करने से क्या होता है?...? पानी को आप गरम कर लीजिए और गरम करने के बाद में स्टीम बना दीजिए, फिर देखिए, वह रेलगाड़ी को कैसे खींचत...
- गरम पानी कहाँ रखा है?...? नहीं, हम तो गरम पानी से नहाते हैं। तो अब ठंडे पानी से नहा। यहाँ, कहाँ रखा है गरम पानी? इसलिए सैकड़ों...
- गरम रोटी खाना है?...? गरम रोटी खाना है?’’ फिर बहनों की ओर उन्मुख होकर बोले, ‘‘कहना अभी देती हूँ। फिर पहले खुद खा लेना। अच्...
- गरम से क्या मतलब है और प्रकाशवान से क्या मतलब है?...? गरम से यह मतलब है कि हमारी नसों में गरमागरम खून चलना चाहिए। हमारे क्रिया और कर्म मरने के वक्त तक सतत...
- गरम से क्या मतलब है?...? बेटे! गरम से मतलब है सक्रिय बने रहना। क्रिया से गरमी पैदा होती है, यह गरमी की साइंस है। आखिर गरमी है...
- गरमी कब पैदा होती है?...? रगड़ से। रगड़ क्रिया को कहते हैं, हलचल को कहते हैं। हलचल से गरमी पैदा होती है। हमारे जीवन में कर्मनि...
- गरमी के दिन हैं, सामान की क्या जरूरत है?...? अरे साहब! आजकल बड़ी भीड़ है। सारी जगह भरी हुई है। कहीं जगह नहीं है। आप ऐसा कीजिए, चौथे नंबर की धर्मश...
- गरमी के दिन हैं, सामान की क्या जरूरत है?...? अरे साहब! आजकल बड़ी भीड़ है। सारी जगह भरी हुई है। कहीं जगह नहीं है। आप ऐसा कीजिए चौथे नंबर की धर्मशाला...
- गरमी के दिनों में सड़क पर मिट्टी पड़ी होती है, धूल पड़ी होती है?...? हाँ साहब! धूल उड़-उड़कर आँखों में जाती है? हाँ साहब! म्युनिसिपल बोर्ड की जब गाड़ी आती है, तो सारे के...
- गरमी रगड़ से पैदा होती है?...? रगड़ से। रगड़ क्रिया को कहते हैं, हलचल को कहते हैं। हलचल से गरमी पैदा होती है। हमारे जीवन में कर्मनिष...
- गरमी से क्या मतलब है?...? बेटे! गरम से मतलब है सक्रिय बने रहना। क्रिया से गरमी पैदा होती है। आखिर गरमी है क्या और कहाँ से आती ...
- गरीब था क्या?...? हाँ साहब! गरीब था। बेचारा जरा सी धोती पहनता था। फूस की झोपड़ी में रहता था। तीन मील पैदल चल करके न...
- गरीब में और दरिद्र में क्या फर्क है?...? दरिद्र में और गरीब में बेटे जमीन और आसमान का फर्क हैं। गरीब उसे कहते हैं, जिसके अन्दर कमाने की योग्...
- गरीब रहने से और कम खर्च मिलने से हमको कर्तव्य को छोड़ देना चाहिए, ये क्या बात?...? । कर्तव्य! कर्तव्य को पूरा करना अलग बात है। वह हमारी आध्यात्मिक, नैतिक, राष्ट्रीय और नागरिक जिम्मेदा...
- गरीब हो तो क्या?...? अमीर हो तो क्या? गरीबी से आदमी का क्या बनता-बिगड़ता है? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है और गरीबी ...
- गरीब हो तो क्या?...? अमीर हो तो क्या? गरीबी से आदमी का क्या बनता-बिगड़ता है? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है और गरीबी म...
- गरीब हो तो क्या?...? अमीर हो तो क्या? गरीबी से क्या बनता-बिगड़ता है? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है, गरीबी में मक्का क...
- गरीबी के कारण हमारे काम रुके हुए हैं क्या?...? हम भगवान् से गरीबी दूर करने की प्रार्थना करते हैं। मित्रो! गरीबी के कारण गरीब नहीं है मनुष्य। वस्तुत...
- गरीबी क्या रुकावट डालेगी?...? मनुष्य बड़ा है, वह गरीबी को कुचलता हुआ, आगे बढ़ता हुआ चला जा सकता है। कबीर अशिक्षा को कुचलते हुए चले...
- गरीबी से आदमी का क्या बनता-बिगड़ता है?...? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है और गरीबी में मक्का की रोटी खा सकता है। इससे क्या बनता-बिगड़ता है?...
- गरीबी से आदमी का क्या बनता-बिगड़ता है?...? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है और गरीबी में मक्का की रोटी खा सकता है। इससे क्या बनता-बिगड़ता है? ...
- गरीबी से क्या बनता-बिगड़ता है?...? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है, गरीबी में मक्का की रोटी खा सकता है। क्या शर्म की बात है? अमीर आद...
- गरीबों के लिए दूध कहाँ रखा है?...? गरीबों के लिए मेवा कहाँ मुहैया है, पर उनको जो शान्ति और सन्तोष मिलता है, वह अमीरों से ज्यादा उनको अप...
- गरीबों के लिए फल कहाँ रखे हैं?...? गरीबों के लिए दूध कहाँ रखा है? गरीबों के लिए मेवा कहाँ मुहैया है, पर उनको जो शान्ति और सन्तोष मिलता ...
- गर्मी की कोई शक्ल हो सकती है?...? नहीं, गर्मी की कोई शक्ल नहीं हो सकती। लकड़ी में जब गर्मी पैदा हो जाती है, तो वह आग के रूप में जल तो...
- गलत क्या बात है?...? इसका अर्थ ये है—कोई आप कृत्य करते हैं। प्रत्येक कृत्य के पीछे पता चलाना पड़ेगा। क्या पता चलाना पड़ेगा ...
- गलत क्या बात है?...? इसका अर्थ ये है—कोई आप कृत्य करते हैं। प्रत्येक कृत्य को पीछे ये पता चलाना पड़ेगा। क्या पता चलाना पड...
- गलत क्या बात है?...? इसका अर्थ ये है—कोई आप कृत्य करते हैं। प्रत्येक कृत्य को पीछे पता चलाना पड़ेगा। क्या पता चलाना पड़ेगा ...
- गलत प्रचलनों की दिशाधारा उलट देने का सुयोग किस प्रकार मिले?...? जब अपना छोटा सा घर-परिवार सँभाल नहीं पाते, तो नया इनसान बनाने, नया संसार बसाने और नया भगवान् बुलाने ...
- गलत या सही?...? सही। अगला दिन बेटे यही आयेगा। हम तेजी के साथ उस ओर बढ़ते चले जा रहे हैं। आप यह देखेंगे कि ये सपने, जो...
- गलतियाँ कहाँ होती हैं इसी को समझ करके तो सुधारेंगे, और जो कुछ आपने गुनाह किये हैं उनका परिष्कार के लिए आपको क्या करना है, और खाई को कैसे पाटना है?...? ये तभी तो करेंगे जब पिछली बातें याद आयें, पिछली बातें याद आयें। पिछली बातें याद करने का नाम है चिन्त...
- गलतियाँ न होने देने का तरीका क्या है?...? अपने अन्दर जो कमजोरियों, कच्चाइयाँ आई हैं, उन्हें कैसे दूर करेंगे? यह कमजोरियों और कच्चाइयाँ जब मजबूर...
- गलतियाँ समझ में नहीं आएँगी, तो आप सुधारेंगे ही क्यों?...? बीमारी का निर्धारण हो जाए, कोई चैकिंग करके पता चला ले कि आपके भीतर टी० बी० की शिकायत है, तभी तो आप उ...
- गलतियाँ समझ में नहीं आयेंगी तो आप सुधारेंगे क्यों?...? इसीलिये समीक्षा जरूरी है, नाड़ी परीक्षा, अपने आपकी कीजिए, भूतकाल के सम्बन्ध में। पाप क्राइम को ही नही...
- गलतियाँ समझ में नहीं आयेंगी तो आप सुधारेंगे क्यों?...? बीमारी का निदान हो जाये आपको, चैकिंग करा करके पता चला लें कि आपके भीतर टी.बी. की शिकायत है तभी तो आप...
- गलती करेंगे, तो नुकसान उठाएँगे और यदि पानी पीने में गलती करें?...? नहीं बेटे! पानी पीने में गलती कोई नुकसान नहीं है। गिलास से पी लें? गिलास से पी लो। कटोरी से पी लें? ...
- गलती की क्या बात हो गयी?...? यह हमारी फिलॉसफी है, यह हमारी साइंस है, जो मनुष्य को देवता बनाती है और मनुष्य को ऊँचा उठाती है। यज्ञ...
- गलती सुधारने से क्या मतलब?...? गलती को सुधारिए और अपनी योग्यताओं को, अपनी क्षमताओं को और अपनी भावनाओं को विकसित कीजिए। आत्म निर्माण...
- गलती हमने की है, तो फाँसी किसको लग सकती है?...? जाते हैं, इल्जाम बता देते हैं, गिरफ्तार हो जाते हैं, जेलखाने चले जाते हैं और फाँसी लगती है, तो कहते ...
- गलने का मन है नहीं, हिम्मत है नहीं, तो फिर काम कैसे चलेगा?...? आप गलने की हिम्मत नहीं करेंगे, बीज को जिन्दगी भर अपनी पोटली में रखे रहेंगे और यह अपेक्षा करते रहेंगे ...
- गला दीजिये न, गलाने मन नहीं है?...? गलाइए। आप गलाने कि हिम्मत नहीं करेंगे, बीज को अपनी पोटली में रख के बैठे रहेंगे जिन्दगी में और ये अपे...
- गलाई के बिना ढलाई किसने कर दिखाई है?...? मल-मूत्र से सने बच्चे को माता तब ही गोद में उठाती है, जब उसे नहला-धुला कर साफ-सुथरा बना देती है। मैल...
- गलाई-ढलाई क्या होती है?...? बेटे, गलाई वह है जैसे कि छापेखाने की टाइप जब घिस जाते हैं तो उनको गलाने और ढालने के लिए फैक्ट्री में...
- गले में क्यों बाँधते हैं?...? हाथ-पाँव में बाँध लें। अरे महाराज जी! गायत्री माता भाग जाएँगी, इसलिए मैंने गले में बाँध ली हैं। आप त...
- गवर्नमेंट क्या-क्या कर रही है?...? मृत्यु टैक्स लगा रही है। सम्पत्ति टैक्स लगा रही है और दूसरे टैक्स लगा रही है। सब अगले दिनों जो गवर्...
- गवर्नमेंट क्या-क्या कर रही है?...? मृत्यु टैक्स लगा रही है; सम्पत्ति टैक्स लगा रही है और दूसरे टैक्स लगा रही है। अब अगले दिनों जो गवर्नम...
- गवर्नमेण्ट कहाँ तक सहायता कर सकती है?...? हम हर गाँव में जाएँगे, हर घर में जाएँगे और लोगों से यह कहेंगे कि समाज को ऊँचा उठाने के लिए आप सरका...
- गवर्नमेण्ट कहाँ तक सहायता कर सकती है?...? हम हर गाँव में जाएँगे, हर घर में जाएँगे और लोगों से यह कहेंगे कि समाज को ऊँचा उठाने के लिए आप सरकार ...
- गवर्नमेण्ट हमारे रिश्तों को अच्छा कर देगी?...? नहीं कर सकती। हमारी सेहत को गवर्नमेण्ट अच्छा नहीं कर सकती।...
- गवर्नमेण्ट हमारे रिश्तों को अच्छा कर देगी?...? नहीं कर सकती। हमारी सेहत को गवर्नमेण्ट अच्छा नहीं कर सकती। हमारा खान-पान ठीक नहीं है, ब्रह्मचर्य के ...
- गहरी जड़ें, नीची जड़ें, अगर हमारी हों, तब?...? बेटे! हमारी बाहर की जिन्दगी फैलती हुई चली जाएगी। जड़ों से क्या मतलब है? जड़ों से मेरा मतलब है बेटे! ई...
- गहरी जड़ें, नीची जड़ें, अगर हमारी हों, तब?...? बेटे! हमारी बाहर की जिन्दगी फैलती हुई चली जाएगी। जड़ों से क्या मतलब है? जड़ों से मेरा मतलब है बेटे! ईमा...
- गाँडीव किस चीज का बना हुआ था?...? गाँडीव बेटे! बाँस का बना हुआ था। अर्जुन जब स्वर्गलोक गए तो देवताओं ने एक अप्सरा को उनके पास भेजा। अप...
- गाँधी अकेले आये थे?...? अकेले नहीं आये थे। उनके साथ टीम आयी थी। किसकी टीम थी? देवताओं की टीम थी, जिसने हजार वर्ष की गुलामी क...
- गाँधी जी अकेले थे?...? नहीं, मित्रो! वे अकेले नहीं थे, हजारों-लाखों आदमी उनके साथ काम करते थे। हजारों-लाखों लोगों की कुरब...
- गाँधी जी अकेले थे?...? नहीं, मित्रो! वे अकेले नहीं थे, हजारों-लाखों आदमी उनके साथ काम करते थे। हजारों -लाखों लोगों की कुरबा...
- गाँधी जी अपना जी खोलकर बात करते हैं और अगर गाँधी जी से मैं कभी बातचीत करना चाहता हूँ, तब?...? तब मैं उनसे यह पूछता हूँ कि जब मैं आपके साबरमती आश्रम में रहता था, तब तो मुझे आपके केवल पाँच मिनट मि...
- गाँधी जी का जीवन इतिहास आपने पढ़ा है ना?...? बुद्ध का इतिहास पढ़ा है ना? इनकी परिस्थितियों में क्या खास बात थी, बताइये। कुछ नहीं थी वरन् सामान्य ल...
- गाँधी जी की देखने के लिए तो लाखों लोग गए होंगे है तो क्या पुण्य मिला?...? बेटे! मैं समझता हूँ कि कोई पुण्य नहीं मिला होगा। जो भी आदमी उन्हें देखने के लिए अपना किराया भाड़ा खर...
- गाँधी जी की भी मिट्टी पलीद हो जाय, राणाप्रताप की भी मिट्टी पलीद हो जाय, तो क्या कह सकते हैं?...? लोग उनके नाम पर भी धंधा करने लग जायँ तो क्या कहा जा सकता है? तुम लोग मेरी भी मिट्टी पलीद क्यों कर ...
- गाँधी जी की सभा में लोग आते थे और नेहरू की सभा में जाते थे; लेकिन अब सभा में लोग क्यों नहीं आते, क्योंकि नफरत छा गई है?...? नफरत इसलिए छा गई है कि सिखाने वाले और कहने वाले में अब जमीन-आसमान का फर्क है। इसलिए इनकी बात नहीं ...
- गाँधी जी की?...? नहीं, गाँधी जी की नहीं, जनता की रही। हुकूमत की शक्ति जब-जब होगी जनता की होगी। किन्तु हमारे कर्तव्य...
- गाँधी जी की?...? नहीं, गाँधी जी की नहीं, जनता की रही। हुकूमत की शक्ति जब-जब होगी, जनता की होगी। किन्तु हमारे कर्तव्य ...
- गाँधी जी के पास पैसा था?...? नहीं महाराज जी! पर हमको खूब पैसा दिलवा दीजिए। फिर हम भजन करेंगे, मन्दिर बनवायेंगे। भाड़ में जाने दे ...
- गाँधी जी के पास कौन सा चमत्कार था?...? विवेकानन्द जी के पास कौन सा चमत्कार था? नानक जी के पास कौन से चमत्कार थे? कोई चमत्कार नहीं होते सं...
- गाँधी जी के पास पैसा था?...? समर्थ गुरु रामदास के पास पैसा था? रामकृष्ण परमहंस के पास पैसा था? ईसामसीह के पास पैसा था? किसके ...
- गाँधी जी के पास सम्पत्ति थी?...? बुद्ध के पास सम्पत्ति थी? नहीं थी। फिर आपने यह क्या सम्पत्ति-सम्पत्ति लगा रखी है। सम्पत्ति से आप...
- गाँधी जी को क्या कमी थी?...? आप ही बताइए? जमीन पर तो जरूर सोते थे, मामूली कपड़े तो जरूर पहनते थे; पर कमी थोड़े ही थी! नहीं पहनते थे...
- गाँधी जी जब तक सामने रहे तब तक लोगों ने उनकी कीमत नहीं समझी, लेकिन जब चले गए तो उन्हें मालूम हुआ कि गाँधी जी क्या थे?...? गुरुजी के पीछे भी यही मालूम पड़ेगा कि एक महामानव आया। आखिर कौन था, क्या था? आपको नहीं मालूम पड़ेगा। ...
- गाँधी जी जादूगर थे?...? बेशक जादूगर थे। यह जादू कहाँ से आया? उनकी आँखों में था।
मित्रो! उनकी आँखों में जादू कहाँ से आ गय...
- गाँधी जी ने अँग्रेजों को भगा दिया था?...? हाँ, भगा दिया था। भगाना था तो क्व वर्ष की जेल में क्यों चले गए? उन्हें बर्मा की जेल में रंगून भेज दि...
- गाँधी जी ने अगर यह ख्याल किया होता कि हमारा बेटा हमसे बेकाबू हो गया है और हम बेटे को सुधार नहीं सके, सँवार नहीं सके, दुनिया क्या कहेगी?...? अगर यह ख्याल करते तो गाँधी जी का दिमाग इतना खराब हो जाता कि वे जो महत्त्वपूर्ण काम कर सके, वह अपनी ज...
- गाँधी जी ने वकालत की होती तो वकालत में कितना कमा लेते?...? लेकिन जब उन्होंने अपना समय सेवा में लगा दिया। सेवा के कार्यों में अपना खर्च करने लगे तो आप बताइये क्...
- गाँधी जी ने व्यक्तिगत सत्याग्रह में जब अपना उत्तराधिकारी घोषित किया तो लोग बहुत उम्मीद लगाए बैठे थे कि गाँधी जी के जेल जाने के बाद में दूसरे नंबर पर कौन हो सकता है?...? दूसरा नंबर जवाहरलाल नेहरू का होना चाहिए, सरदार पटेल का होना चाहिए। सब अखबार वाले इंतजार कर रहे थे कि...
- गाँधी जी ने व्यक्तिगत सत्याग्रह में जब अपना उत्तराधिकारी घोषित किया तो लोग बहुत उम्मीद लगाए बैठे थे कि गाँधी जी के जेल जाने के बाद में दूसरे नंबर पर कौन हो सकता है?...? दूसरा नंबर जवाहरलाल नेहरू का होना चाहिए, सरदार पटेल का होना चाहिए। सब अख़बार वाले इंतजार कर रहे थे क...
- गाँधी जी नेता बने?...? गाँधी जी नेता नहीं बने। सन्त को नेता बनने की जरूरत नहीं है। सन्त को मालदार बनने की जरूरत नहीं है।मित...
- गाँधी जी परिस्थिति से ऐसे ही थे क्या?...? उनके पिताजी एक छोटी स्टेट के दीवान थे। वह अपने लड़के को वकील बनाना चाहते थे। गाँधी जी यदि उनके अनुसार...
- गाँधी जी मर गए?...? नहीं बेटे! वे जिन्दा हैं। ईसामसीह? वो भी जिन्दा हैं। बुद्ध? वो भी जिन्दा हैं। दिव्य आत्माएँ कभी भी नहीं...
- गाँधी जी मर गए?...? नहीं, मैं समझता हूँ कि गाँधी जी जिन्दा हैं। बुद्ध जी मर गए? नहीं बेटे! विवेकानन्द की मौत हो गई? नहीं, ...
- गाँधी जी मर गए?...? नहीं बेटे, गाँधी जी कैसे मर सकते है? ईसामसीह मर गए? नहीं बेटे, वे कैसे मर सकते हैं? भगवान बुद्ध मर ग...
- गाँधी जी मर गये?...? नहीं बेटे, गाँधी जी कैसे मर सकते हैं। ईसामसीह मर गये? नहीं बेटे, वे कैसे मर सकते हैं। भगवान् बुद्ध...
- गाँधी जी स्वतंत्रता लेकर के आए थे?...? नहीं, गाँधी जी लेकर नहीं आए थे; लेकिन गाँधी जी प्रेरणास्त्रोत थे, लाखों व्यक्ति जिनके साथ में होते थ...
- गाँधी ने दक्षिण अफ्रीका में गोरे और काले रंग वालों के साथ बरते जाने वाले भेदभाव के विरुद्ध जब आन्दोलन खड़ा किया था, तो उन्हें यह कहकर चिढ़ाया गया था कि आप भारतवासी भी तो अछूतों और स्त्रियों के साथ समान व्यवहार नहीं करते हैं?...? हमसे वैसा न्याय पाने की माँग करने से पहले आप अपने यहाँ तो सामाजिक न्याय लागू कीजिए। हम जब भी जहाँ भी...
- गाँधीजी की प्रजा का नाम बताइए?...? गाँधीजी की प्रजा का नाम, गाँधीजी के बेटों का नाम, जवाहरलाल नेहरू, सरदार पटेल राजेन्द्र बाबू सुभाषचंद...
- गाँधीजी की प्रजा का नाम बताइए?...? गाँधीजी की प्रजा का नाम—गाँधीजी के बेटों का नाम—जवाहरलाल नेहरू, सरदार पटेल, राजेन्द्र बाबू, सुभाषचन्...
- गाँधीजी के साथ में मीरा बहिन चलती थीं, नेहरू जी चलते थे, सुभाष चलते थे, विनोबा चलते थे उन्हें क्या मिला?...? सबको फायदा ही हुआ है।आपने स्वामी रामदास और शिवाजी का नाम सुना है।...
- गाँधीजी कौन थे?...? आधा घण्टा भजन-पूजन करने वाले व्यक्ति। उन्हें समाधि आती थी? बिलकुल समाधि नहीं जानते थे। ध्यान, प्रा...
- गाँधीजी जब जिन्दा थे, तब उनके लिए जनता ने क्या नहीं किया?...? जनता ने उनके लिए सौ करोड़ रुपया स्मारक में दिया था; जनता ने उनके लिए कितनी बार अपार धन दिया; जनता ने ...
- गाँधीजी से भेंट के दौरान उन्होंने व्यंग किया आप तो धार्मिक व्यक्ति हैं राजनीति में क्यों फँस गये?...? गाँधीजी बोले-धार्मिक व्यक्ति का अर्थ होता है अधर्म से लड़ने वाला फिर वह अधर्म चाहे रहन-सहन का हो या व...
- गाँव वालों से तुम इतना डरते क्यों हो?...? मेरे रहते तुम्हारा बाल भी बाँका नहीं हो सकता। चिन्ता मत करना।’’ फिर पत्नी से बोले, ‘‘बेटा तेरे को कुछ...
- गाँव से क्या मोहब्बत, क्या रिश्ता?...? इसका सबसे अच्छा उदाहरण हमें श्रीकृष्ण भगवान् के जीवन में देखने को मिलता है। भगवान् की ये कथाएँ और ...
- गाँव-गाँव में, नगर-नगर में रामायण की चौपाइयों के माध्यम से जन क्रान्ति का बीजारोपण करने वाले राघवदास अब कहाँ दिखायी पड़ते हैं?...? युग धर्म को समझने वाले आनन्द मठ जैसे संन्यासी कहाँ मिलते हैं? गरीबों, पिछड़ों का दुःख दर्द समझने तथा ...
- गाँवों में लगने वाली हाटें अपने थोड़े से उद्योगों को असाधारण रूप से प्रोत्साहित किया करती थीं, पर इन दिनों की परिस्थितियों को देखते हुए कुछ कहा नहीं जा सकता है कि इन सब का भविष्य क्या है?...? फिर भी यदि गतिशील प्रतिभाएँ कुछ प्रयत्न करें, तो यह भी हो सकता है कि वे माध्यम, कुछ सुधरे हुए रूप से...
- गांडीव किसका बना हुआ था?...? गांडीव लोहे का बना हुआ था, स्टील का बना हुआ था। नहीं बेटे! ये सब बाँस से बनते हैं। दुनिया भर में जित...
- गाँधी जी कौन-सा मंत्र जपते थे?...? बेटे! हमें नहीं मालूम है। हमने उन्हें 'हरे राम-हरे कृष्ण' ये कहते देखा था। 'ईश्वर-अल्लाह तेरो नाम, स...
- गाँधी जी ने अंगरेजों को भगा दिया था?...? हाँ, भगा दिया था। भगाना था तो छह वर्ष की जेल में क्यों चले गए थे? उन्हें बर्मा की जेल में रंगून भेज ...
- गाजे-बाजे में कुछ नहीं खरच होगा और दावत में तुम्हें नहीं मालूम है?...? दोपहर को दावत मिलेगी बेटे! दलिया, चावल, सब्जी, दाल और ज्यादा-से-ज्यादा भीड़ हुई, तो दो रोटी। इससे भी...
- गाड़ियाँ किससे आएँगी?...? बेटे! गाड़ियाँ और खरीदनी हैं। हमने जयपुर गाड़ियाँ भेज दी थीं। एक लड़के से कह दिया था कि जरा बेच दे इ...
- गाड़ी कौन चलाता है?...? पानी। गरम पानी की ताकत बहुत है और गरम इनसान की ताकत बहुत है। गरम इनसान किसे कहते हैं? बेटे! हम गरम इ...
- गाण्डीव किसे कहते हैं?...? बेटे! बाँस के बने हुए तीर-कमान को कहते हैं। यह गाण्डीव कितना जबरदस्त था कि इसने अकेले ही महाभारत पर ...
- गाण्डीव कैसा था?...? बड़ा जबरदस्त था? गान्धारी ने आँखों में पट्टी बाँध ली थी। क्यों बाँध ली थी? बुड्ढे आदमी के साथ हमारा...
- गान्धारी ने कैसे किया था?...? गान्धारी ने आँखों को संशोधित करने के लिए अपनी आँखों पर पट्टी बाँध ली थी। पट्टी बाँधने का मतलब यह है ...
- गाय का कसूर है?...? नहीं, गाय का कसूर नहीं है। वह तो बिलकुल शुद्ध और ताजा दूध देती है, पर हमारे पास पात्र ही नहीं है...
- गाय का दूध कहाँ से आता है?...? घास में से आता है। अच्छा आप ले जाइए घास, मैं आपको बीस किलो घास देता हूँ इसमें से निकाल लाइए दूध। अरे...
- गाय को चारा आप खिलाएँ नहीं और दूध पीना चाहें तो यह कैसे सम्भव होगा?...? पानी पिलाएँ नहीं ठंड से उसका बचाव करें नहीं, तो कैसे सम्भव होगा? गाय दूध देती है, यह सही है, लेकिन सा...
- गाय को चारा आप खिलाएँ नहीं और दूध पीना चाहें तो यह कैसे सम्भव होगा?...? पानी पिलाएँ नहीं ठंड से उसका बचाव करें नहीं, तो कैसे सम्भव होगा? गाय दूध देती है, यह सही है, लेकिन स...
- गाय कौन है?...? देव। क्यों? घास खाती है थोड़ी-सी, कम पैसे की घास खाती है और ज्यादा पैसे का दूध देती है। हम क्या कहेंग...
- गाय जंगल में रहती है, पर क्या वह बीमार रहती है?...? जंगली जानवर—हिरन, खरगोश, हाथी, चीते, गैण्डे कोई बीमार रहता है क्या? क्या कभी आपने किसी हिरन को जुकाम...
- गाय होती है, घास को चर जाती है न?...? हाँ। घास चरके हजम कर लेती है, इसलिए तू क्या करेगा? ब्रह्मचर्य का उद्देश्य केवल वीर्य की रक्षा ही नही...
- गायत्री माता क्या चाहती हैं?...? गायत्री का हँस कैसा होना चाहिए? ये चारों सिद्धान्त मिले हुए हैं। गायत्री माता में और क्या रह गया? ...
- गायत्री माता से ऐसे ही नीच और दुष्ट मनुष्य वरदान प्राप्त करने के अधिकारी होते हैं क्या?...? ऐसे पिशाच और आसक्त जहाँ कहीं भी जायेंगे, उनके लिए वहाँ नरक ही नरक का द्वार खुला हुआ है। घर में जाय...
- गायत्री उपासना आप बहुत दिनों से करते रहे हैं फिर क्या लाभ हुआ?...? अपनी दिशाएँ अस्वस्थ हों तो प्रगति रुक गई होगी उससे। और क्या लाभ हुआ होगा और कोई खास लाभ तो नहीं हुआ ...
- गायत्री उपासना आप बहुत दिनों से करते रहे हैं फिर क्या लाभ हुआ?...? अपनी दशा अस्वस्थ हो तो प्रगति रुक गयी होगी उससे और क्या लाभ हुआ होगा और कोई खास लाभ तो नहीं हुआ होगा...
- गायत्री उपासना के सम्बन्ध में हमारी सबसे पहली पुस्तक छपी थी, आपको मालूम है?...? आपको नहीं मालूम है। कौन-सी पुस्तक छपी थी? सबसे पहली पुस्तक का नाम था—‘‘गायत्री ब्राह्मण की कामधेनु ह...
- गायत्री का अनुग्रह कौन पायेगा?...? अनुग्रह पायेगा- ब्राह्मण। कल मैं एक श्लोक बोल रहा था, जिसमें सात बातें बता रहा था। क्या बता रहा था...
- गायत्री का अध्ययन किसने किया था, गायत्री की जानकारियाँ किसने प्राप्त कीं, गायत्री की उपासना किसने की?...? वह आदमी जो कि प्रामाणिक है गायत्री के सम्बन्ध में उसका नाम विश्वामित्र है। मेरे मन में आया कि क्या म...
- गायत्री का केन्द्र कहाँ है?...? केन्द्र को मैंने सारे में तलाश किया। जो जर्रा होता है, एटम होता है, हमारे जीवाणु होते हैं। हमारे जीवा...
- गायत्री का केन्द्र कहाँ है?...? केन्द्र को मैंने सारे में तलाश किया। जो जर्रा होता है, एटम होता है, हमारे जीवाणु होते हैं। हमारे जीवा...
- गायत्री का जप करता है और दुकानदारी के पैसे में शेयर होल्डर बनता है?...? तुझसे ये किसने कहा?
मित्रो! अगर मैं ये करना चाहूँ तो सोने-चाँदी के जखीरे खड़ा कर सकता हूँ। जो...
- गायत्री का जप कैसे किया जाता है, यह क्या है?...? यह प्रैक्टिस है। ध्यान कैसे किया जा सकता है, यह प्रैक्टिस है। बेटे! प्रैक्टिस अपने आप में पूर्ण नहीं...
- गायत्री का जप कैसे किया जाता है, यह क्या है?...? यह प्रैक्टिस है। बेटे, प्रैक्टिस अपने आप में पूर्ण नहीं है। यह उत्तरार्द्ध है। तो पूर्वार्द्ध क्या ह...
- गायत्री का रूप कैसे?...? मूर्तियाँ तरह-तरह से बनाई जात हैं। कुछ संगमरमर की बनाई जाती हैं, कुछ अष्टधातु से बनाई जाती हैं, कुछ ...
- गायत्री का स्वरूप क्या हो सकता है?...? यहाँ इतना तो समय नहीं है कि मैं सारी की सारी फिलॉसफी और तत्त्वज्ञान आपको अभी समझाऊँ, जिससे आप यह स...
- गायत्री का हँस कैसा होना चाहिए?...? ये चारों सिद्धान्त मिले हुए हैं। गायत्री माता में और क्या रह गया? बेटे थोड़े से शब्द और रह गये हैं।...
- गायत्री किस काम आती है?...? गायत्री ब्रह्मविद्या है। चिन्तन जिसको कहते हैं, फिलॉसफी जिसको कहते हैं, विचारणा जिसको हम कहते हैं। ये...
- गायत्री किस काम आती है?...? गायत्री ब्रह्मविद्या है। चिन्तन जिसको कहते हैं, फिलॉसफी जिसको कहते हैं, विचारणा जिसको हम कहते हैं। ये...
- गायत्री किस पर सवार होगी?...? हँस पर सवार होगी और किस पर सवार होगी? कौवे पर। नहीं महाराज जी, कौवे पर नहीं हो सकती गायत्री, हँस पर ...
- गायत्री किस पर सवार होगी?...? हँस पर सवार होगी और किस पर सवार होगी? कौवे पर। नहीं महाराज जी, कौवे पर नहीं हो सकती गायत्री, हँस पर ...
- गायत्री किसे कहते हैं?...? ऋतम्भरा प्रज्ञा को। गायत्री कोई देवी नहीं होती, कोई देवता नहीं होता। ऋतम्भरा प्रज्ञा का ही नाम गायत्...
- गायत्री किसे कहते हैं?...? ''गय'' कहते हैं प्राण को संस्कृत में। प्राण को मजबूत बनाने वाली, प्राण को ताकत देने वाली, प्राण का त...
- गायत्री किसे कहते हैं?...? ‘गय’ कहते हैं प्राण को—संस्कृत में। प्राण को मजबूत बनाने वाली, प्राण् को ताकत देने वाली, प्राण का त्...
- गायत्री किसे कहते हैं?...? ऋतम्भरा-प्रज्ञा को। गायत्री कोई देवी नहीं होती, कोई देवता नहीं होता। ऋतम्भरा-प्रज्ञा का ही नाम गायत्...
- गायत्री की उपासना करने के लिए आपको क्या करना पड़ेगा?...? इसमें एक ही काम करना पड़ता है और वह है अपने व्यक्तित्व का विकास। नहीं साहब! देवी को प्रसन्न करने ...
- गायत्री की शक्ति किसके ऊपर उतर कर आती है?...? ब्राह्मण के ऊपर आती है। ब्राह्मण कौन होता है? ब्राह्मण उसे कहते हैं जो अपने व्यक्तिगत जीवन के लिए खर...
- गायत्री की शब्द शक्ति एवं यज्ञाग्नि की ऊर्जा कैसे व्यक्ति को सामर्थ्यवान एवं पवित्र तथा काया को जीवनी शक्ति सम्पन्न बनाकर प्रतिकूलताओं से जूझने में समर्थ बना सकती है?...? ज्योतिर्विज्ञान के चिर पुरातन प्रयोगों के माध्यम से आज के परिप्रेक्ष्य में मानव समुदाय को कैसे लाभान...
- गायत्री की साधना के सम्बन्ध में आपको क्यों बुलाना पड़ा?...? इससे पहले भी हम आपको कई बार साधना करा चुके हैं, आपको बता चुके हैं, फिर क्या जरूरत पड़ गई इस साधना को ...
- गायत्री की साधना के सम्बन्ध में आपको क्यों बुलाना पड़ा?...? इससे पहले भी हम आपको कई बार साधना करा चुके हैं, आपको बता चुके हैं, फिर क्या जरूरत पड़ गई इस साधना को ...
- गायत्री के ऐसे सारे के सारे चमत्कारों के बारे में ऋषियों ने जो कुछ भी कहा है, उन्हें अक्षरशः मैंने सही पाया है?...? फिर आपने गलत क्यों पाया और मैंने सही क्यों पाया? गायत्री जयंती के पुण्य पर्व पर आइए इसी महत्त्वपूर्ण...
- गायत्री के चार चरण कौन-से हैं?...? तीन चरण वे हैं, जो आठ-आठ अक्षरों के तीन टुकड़ों में बँटे हुए हैं और एक हिस्सा वह है, जिसको हम कहते है...
- गायत्री कैसी है और उसकी कौन सी भक्ति करनी चाहिए?...? बेटे, आप यहाँ से चलें।...
- गायत्री को आयु, प्राण, बल, बुद्धि और प्रज्ञा प्रदान करने वाली कहा जाता है सो क्यों?...? पाराशर ने पुत्र की जिज्ञासाएँ शान्त करते हुए कहा वत्स! प्राण-प्रकाश उष्णता और विद्युत रूपी संहति है, ...
- गायत्री को और किसका मंत्र कहते हैं?...? नौकरी में तरक्की कराने का मंत्र कहते हैं। भगवान करे, आपका मंत्र आपको मुबारक हो। आप ही ऐसे मंत्र को ज...
- गायत्री क्या है और गायत्री की मूर्ति क्या है?...? इस तरह आपका बच्चा गम्भीर हो जाएगा और तब जनेऊ को समझने, शिखा को समझने से इनकार नहीं कर सकेगा। यज्ञोपवी...
- गायत्री क्या है और गायत्री की मूर्ति क्या है?...? इस तरह आपका बच्चा गम्भीर हो जाएगा और तब जनेऊ को समझने, शिखा को समझने से इनकार नहीं कर सकेगा। यज्ञोपवी...
- गायत्री क्या है?...? एक भाव सम्वेदना है। संसार में दो शक्तियाँ हैं। एक शक्ति वह है, जो ताकत के रूप में है, जो एटम में से...
- गायत्री क्या हो सकती है?...? उपासना क्या हो सकती है और उपासना के आधार क्या हो सकते हैं? बेटे ! मैंने इसीलिए शिविर में आपको बुलाया...
- गायत्री क्या हो सकती है?...? उपासना क्या हो सकती है और उपासना के आधार क्या हो सकते हैं? बेटे! मैंने इसीलिए शिविर में आपको बुलाया ...
- गायत्री जयंती के पुण्य पर्व पर आइए इसी महत्त्वपूर्ण तथ्य पर प्रकाश डालें और पर्दे को उठाने की कोशिश करें कि हमारे लिए गायत्री क्यों चमत्कारी है और आपके लिए क्यों निराशाजनक है?...? अक्षर तो वही 24 हैं। माला तो वही है। पूजा के विधि-विधान भी वही हैं फिर आप में फर्क कैसे पड़ गया? हम य...
- गायत्री जीवट के रूप में आती है और जीवट के रूप में आ जाए तो छोटे-छोटे बिना ताकत के आदमी न जाने दुनिया में क्या से क्या कर सकते हैं?...? ''आयु:, प्राण, प्रजाम्'' गायत्री उपासना के प्रतिफल हैं-प्रजाम् है। आप गायत्री मंत्र का जप करेंगे तो ...
- गायत्री जीवट के रूप में आती है और जीवट के रूप में आ जाए तो छोटे-छोटे बिना ताकत के आदमी न जाने दुनिया में क्या से क्या कर सकते हैं?...? जीवट आदमी के पास हो तो वह क्या नहीं कर सकता? पुराना इतिहास पढ़ लीजिए, चाहे नया इतिहास पढ़ लीजिए, जीवट ...
- गायत्री तपोभूमि की स्थापना हुई और उन्होंने उस उपासना से अपने को ऐसा बना लिया—कोमल, पवित्र, दूरदर्शी ऐसा प्रेरणा का स्रोत न मालूम बुद्धि कहाँ से आती चली गई?...? भगवान की कृपा जिसके साथ हो, जिसके साथ भगवान जुड़ा हुआ हो, उसके अन्दर कषाय-कल्मष रह सकते हैं क्या? नह...
- गायत्री ने और क्या-क्या दिया?...? हमको दीर्घजीवन दिया, लम्बी आयु दी, प्राण दिया, हिम्मत दे दी, बहादुरी और साहस दे दिया, शक्ति दे दी। प...
- गायत्री ने छुआ?...? नहीं, अगर छुआ होता तो बेटा तू सोना हो जाता, पारस हो जाता। नहीं महाराज जी! मुझे तो देवी सपने में दिखा...
- गायत्री परिवार क्या है?...? एक गुँथी हुई माला है। इसमें कौन-कौन हैं? इसमें मोती हैं, हीरे हैं, पन्ना हैं, जवाहरात हैं। इन सब...
- गायत्री परिवार वालों की?...? नहीं गायत्री परिवार वालों की तो मुट्ठी भर समस्याएँ हैं। मुट्ठी भर समस्याएँ हैं तो अगर हम आपसे नहीं भ...
- गायत्री मंत्र और क्या?...? गायत्री मंत्र के अन्दर जो प्रेरणाएँ भरी पड़ी हैं, दिशाएँ, धाराएँ भरी पड़ी हैं, सामर्थ्य भरी पड़ी हैं,...
- गायत्री मंत्र का क्या अर्थ है?...? बेटे चलिए अब हम आपको बताते हैं कि गायत्री मंत्र का क्या अर्थ है। गायत्री के चार चरण हैं। इसमें एक हि...
- गायत्री मंत्र का जप करने वालों में यह समझदारी भी आएगी कि पैसा अगर आया है तो उसे खर्च कैसे करें?...? पैसा कमाएँ कैसे? गलत तरीके से अगर आपने पैसा कमा लिया है तो गलत तरीके से ही जाएगा। जो पैसा आदमी को रु...
- गायत्री मंत्र का पूजन करने के लिए रोली, चन्दन, धूप-दीप की आवश्यकता?...? हाँ! आवश्यकता। यह कलेवर हैं गायत्री माता के। लेकिन उसका अन्तरंग? जो विभूतियों और सिद्धियों से भरा पड़ा...
- गायत्री मंत्र का प्रवेश जब भी हमारे भीतर होगा तो ये परिणाम सामने आयेंगे ही, तो हम कैसे जाने गायत्री मंत्र आपके पास आया कि नहीं?...? हम कैसे जानें कि गायत्री की फिलॉसफी का आपने अध्ययन किया कि नहीं किया? हम कैसे मानें कि आपका अनुष्ठान...
- गायत्री मंत्र का व्याख्यान है और भगवान के अवतार?...? भगवान के अवतार भी यही हैं। भगवान के अवतार क्या हैं? भगवान के अवतार-हिन्दू धर्म की मान्यता के अनुसार ...
- गायत्री मंत्र का स्वरूप-सामर्थ्य क्या है?...? उसका जीवन में उपयोग किस परिस्थिति में हम किस तरह करें? यह जानकारी देने के लिए ऋषियों ने २४ अवतारों क...
- गायत्री मंत्र का स्वरूप-सामर्थ्य क्या है?...? उसका जीवन में उपयोग किस परिस्थिति में हम किस तरह करें? यह जानकारी देने के लिये ऋषियों ने 24 अवतारों ...
- गायत्री मंत्र की वह सारी की सारी व्याख्या अपने बच्चों को समझानी पड़ेगी, जो कि शिखा के बारे में जानकारी प्राप्त करने आया है और चोटी के बारे में जानने आया है कि यह क्या है?...? चोटी गायत्री माता की प्रतीक है, यह बात आपको बतानी पड़ेगी। फिर वह पूछेगा कि गायत्री मंत्र क्या होता है...
- गायत्री मंत्र की वह सारी की सारी व्याख्या आपको अपने बच्चे को समझानी पड़ेगी जो कि शिखा के बारे में जानकारी प्राप्त करने आया है और चोटी के बारे में जानने आया है कि यह क्या है?...? चोटी गायत्री माता की प्रतीक है, यह बात आपको बतानी पड़ेगी। फिर वह पूछेगा कि गायत्री मंत्र क्या होता है...
- गायत्री मंत्र की सिद्धि कैसे हो गई?...? जप करने का महत्त्व क्या मैं अकेला ही जानता हूँ? दूसरे किसी ने जप नहीं किया? बहुतों ने जप किया, फिर फ...
- गायत्री मंत्र कीर्ति कैसे प्रदान करती है?...? कीर्ति उसे कहते हैं, जिससे आदमी को गर्व सन्तोष है। दुनिया ने जिस आदमी की प्रशंसा की उस आदमी को भी सन्त...
- गायत्री मंत्र के चौबीस अक्षर?...? हाँ चौबीस अक्षर। जप करने के लिए माला की आवश्यकता? हाँ, आवश्यकता। गायत्री मंत्र का पूजन करने के लिए र...
- गायत्री मंत्र के बारे में आपका क्या ख्याल है?...? गायत्री माता की जो शक्ल बना दी गयी है, उस शक्ल के पीछे शिक्षण है, शिक्षण के पीछे उद्देश्य है, प्रे...
- गायत्री मंत्र को जब तोते बोल लेते हैं, तब उनको क्या कहेंगे?...? पण्डित जी कहेंगे या आचार्य जी कहेंगे? ब्रह्मा जी कहेंगे या गुरुजी कहेंगे? नहीं साहब! हम ज़बान से ...
- गायत्री मंत्र जब शरीर में प्रवेश करता है तो किस रूप में आता है?...? वह संयम के रूप में आता है। आदमी संयमी होता है। जब संयमी होता है तो संयमी होने के पश्चात मैं दीर्घजीव...
- गायत्री मंत्र जब शरीर में प्रवेश करता है तो किस रूप में आता है?...? वह संयम के रूप में आता है। आदमी संयमी होता है। जब संयमी होता है संयमी होने के पश्चात् में दीर्घजीवी ...
- गायत्री मंत्र वही होता है, माला वही होती है, जप भी वही होता है, पर अनुष्ठानों में शक्ति क्यों पैदा हो जाती है?...? क्योंकि इसमें कसाव-कड़क ज्यादा पैदा हो जाती है। आपको हमने यहाँ चांद्रायण व्रत करने के लिए बुलाया है ...
- गायत्री मंत्र से मुक्ति मिल जाती है या ‘राम रामाय नमः’ से?...? बेटे अब मैं इससे कहीं आगे चला गया हूँ। अब मैं यह बहस नहीं करता कि गायत्री मंत्र का जप करेंगे तो आपकी...
- गायत्री माँ का तो कहना ही क्या है?...? साधारण माँ की बात कह रही थी और चेतना को धारण करने वाली उस शक्ति का तो कहना ही क्या? जिस किसी ने मन स...
- गायत्री माँ का तो कहना ही क्या है?...? साधारण माँ की बात कह रही थी और चेतना को धारण करने वाली उस शक्ति का तो कहना ही क्या? जिस किसी ने मन स...
- गायत्री माँ को जाना होगा तो बेचारे गरीब हँस पर क्या बैठना होगा?...? हँस पर नहीं, उस पर तो पैर समेटने की भी जगह नहीं है, पालथी मारकर भी नहीं बैठ सकती। जैसे चेयर होती है ...
- गायत्री माँ को जाना होगा तो बेचारे गरीब हँस पर क्या बैठना होगा?...? हँस पर नहीं, उस पर तो पैर समेटने को भी जगह नहीं है, पालथी मारकर भी नहीं बैठ सकती। जैसे चेयर होती है,...
- गायत्री माता हमारे ऊपर सवार होंगी?...? नहीं आपके ऊपर गायत्री माता सवार नहीं होंगी। एक कौआ आया और बोला- गायत्री माता हम आपको सामान खिलायें...
- गायत्री माता अपना रूप लेकर के हँस पर बैठ करके आयें, तो क्या हम उन्हें गन्दी आँखों से देखेंगे?...? नहीं, हम गन्दी आँख से नहीं देख सकते।...
- गायत्री माता आवेगी तो ये देखेगी कि यह महात्मा बैठा हुआ है और बेटे तेरे पेट में जो टट्टी भरी हुई है वह?...? वह तो पता ही नहीं चलेगा, गायत्री माता को। बस यही भेष बना लूँगा और तिलक लगा लूँगा और गायत्री माता आयी...
- गायत्री माता का कोई फल मिलेगा?...? बेटे ! मैं कह नहीं सकता, क्योंकि तेरा उद्देश्य मजदूरी है। गायत्री माता का फल मिलेगा? बेटे! जरूर मिले...
- गायत्री माता का कोई फल मिलेगा?...? बेटे! मैं कह नहीं सकता, क्योंकि तेरा उद्देश्य मजदूरी है। गायत्री माता का फल मिलेगा? बेटे। जरूर मिलेग...
- गायत्री माता का क्या शिक्षण है?...? गायत्री माता क्या चाहती हैं? गायत्री का हँस कैसा होना चाहिए? ये चारों सिद्धान्त मिले हुए हैं। गा...
- गायत्री माता का ध्यान कैसे करना चाहिए?...? उन्हें बार-बार घूम-घूमकर देखना होगा, ताकि आपका इधर-उधर भागने वाला मन काबू में रहे तथा आप उनसे सम्बन्ध ...
- गायत्री माता का फल मिलेगा?...? बेटे! जरूर मिलेगा, अगर तेरी दृष्टि ऊँची रहेगी तब। दृष्टि का उसमें समावेश नहीं हुआ तो मैं जानता हूँ क...
- गायत्री माता का फल मिलेगा?...? बेटे। जरूर मिलेगा, अगर तेरी दृष्टि ऊँची रहेगी तब। दृष्टि का उसमें समावेश नहीं हुआ तो मैं जानता हूँ क...
- गायत्री माता का फोटो कैसा है?...? जरा बताना तो सही। बच्ची का है? नहीं। बुढ़िया का है? नहीं। बाल सफेद हो गए हैं? नहीं। तो कैसा है? महार...
- गायत्री माता का वजन कितना है?...? बेटे जितना तू भारी है, उससे कम से कम ढाई गुना ज्यादा वजन गायत्री माता का तो जरूर होगा। और ज्यादा...
- गायत्री माता कितनी भारी हो सकती हैं?...? गायत्री माता का भार भी ढाई मन हो सकता है। तीन मन क्यों नहीं? तीन मन से तो कम नहीं होगी। नहीं महाराज ...
- गायत्री माता किसके ऊपर सवारी करती हैं?...? गायत्री माता हँस पर सवारी करती हैं। हँस जैसा पाक-साफ जिसका जीवन हो, विवेकशील जिसका जीवन हो, उस पर गा...
- गायत्री माता की असली उम्र तो न जाने कितनी है?...? जब हम अपने गुरुजी की उम्र सात सौ वर्ष बताते हैं तो सोच सकते हैं कि गायत्री माता की उम्र क्या व कितनी...
- गायत्री माता की उपासना प्रारम्भ कर चमत्कार हो जाएँगे?...? हाँ बेटे! चमत्कार हो जाएँगे। कैसे चमत्कार हो जाएँगे? गायत्री माता की छवि क्या है? जरा उसको दिखाओ, तो...
- गायत्री माता की छवि क्या है?...? जरा उसको दिखाओ, तो देखें। महाराज जी! गायत्री माता हँस पर बैठी हैं। ये बैठी हैं। ठीक है बेटे! उसको जर...
- गायत्री माता के पेट से जो नया बच्चा पैदा होने वाला है, नया विश्व बनने वाला है, उसके आधार क्या होंगे?...? चलिये मैं उसकी झाँकी करा दूँ। मुझको तो मालूम नहीं कि आप विश्वास करेंगे भी कि नहीं करेंगे, लेकिन मैं ...
- गायत्री माता के वाहन हँस न?...? हँस में क्या बात है, बताइए? हँस में दो विशेषताएँ हैं। एक विशेषता यह है कि दूध और पानी का अलग कर देता...
- गायत्री माता के सामने?...? हाथ से कर रहा था। काहे के हाथ, देखें। ये तो मिट्टी के हाथ हैं और माँस के हैं। माँस के नहीं, मिट्टी क...
- गायत्री माता को क्या प्रसन्न करना है?...? माँ को भी कोई प्रसन्न करता है क्या? छोटा बच्चा माँ के पेट में से पैदा होता है। क्या प्रसन्न करता है ...
- गायत्री माता को ले जाएँगे?...? नहीं बेटे! मुश्किल है। गायत्री माता को साथ में कहीं ले जाना बहुत कठिन पड़ जाएगा और उनमें मुसलमानों मे...
- गायत्री माता को साथ में कहीं ले जाना बहुत कठिन पड़ जाएगा और उनमें मुसलमानों में?...? मुसलमानों में गायत्री माता आप ले जाएँगे क्या? बेटे! ये भी बड़ा कठिन पड़ेगा। बड़ा मुश्किल है। आज से सौ व...
- गायत्री माता क्या कहना चाहती हैं?...? गायत्री के चौबीस अक्षरों की व्याख्या तो मैं नहीं करना चाहता, क्योंकि गायत्री के चौबीस अक्षरों में ...
- गायत्री माता क्या है?...? गायत्री माता वह है कि जिसमें हम जवान स्त्री को माता के रूप में देखना शुरू करते हैं। जो सद्बुद्धि की ...
- गायत्री माता क्या है?...? यह ईमानदारी और नेकनीयती, सज्जनता और शराफत की देवी है। इसके माध्यम से हम सबको समझाएँगे। राजहंस इसका व...
- गायत्री माता क्या है?...? एक किताब है। गायत्री माता क्या है? गायत्री माता भगवान का एक टेपरिकार्डर है। ये आपके लिए शिक्षण है—मौ...
- गायत्री माता मुझसे भारी हैं क्या या हल्की है?...? मुझसे तो भारी हैं। तेरा वजन कितना है? सौ मन है। अच्छा! गायत्री माता कितनी भारी हो सकती हैं? गायत्री ...
- गायत्री माता में और क्या रह गया?...? बेटे थोड़े से शब्द और रह गये हैं। इसमें क्या रह गया है? ‘तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि’ में ...
- गायत्री माता में क्या है?...? आदर्श है। नहीं साहब! गायत्री माता के पाँच मुख हैं, तीन मुख हैं। एक हाथ में वह गदा लिए हुए है और एक...
- गायत्री माता से कैसे चैन आ जायेगा?...? बेटे, यह तेरा चैन, यह अशान्ति कोई दूर करने वाला नहीं है। आज आदमी हैवान होता जाता है, शैतान होता चला ...
- गायत्री माता से चैन आ जायेगा?...? अरे। गायत्री माता से कैसे चैन आ जायेगा? बेटे, यह तेरा चैन, यह अशान्ति कोई दूर करने वाला नहीं है। आज ...
- गायत्री माता हँस पर बैठेंगी, तो क्या हो जाएगा?...? हँस पर बैठती हैं। तेरे सिर पर बैठती हैं। ये अलंकार हैं, शिक्षण हैं। अलंकारों को समझता नहीं है? शिक्ष...
- गायत्री माता, जिनकी आप उपासना करने के लिए आए हैं और जिनका हम जन्मदिन मनाते हैं और जिनको हम उपासना-अनुष्ठान करते हैं, वे अगर आपको कभी कुछ चीज देंगी, तो क्या चीज देंगी?...? मैं यही आपको बताना चाहता था। आपका यह ख्याल गलत है कि गायत्री माता प्रसन्न हो जाएँगी, तो वह चीज देंगी...
- गायत्री माता, मरे हुए को जिन्दा कर सकती हैं?...? हाँ बेटे, मरे हुए को जिन्दा कर सकती हैं। मरे हुए कैसे होते हैं? जैसे हम और आप हैं। नहीं साहब! गुरुज...
- गायत्री में और क्या है?...? ‘‘धियो यो नः प्रचोदयात्।’’ इसमें बस एक ही प्रार्थना की गयी है। क्या प्रार्थना की गयी है? ‘हे भगवान...
- गायत्री में विचारणाओं का शिक्षण करने की पूरी-पूरी गुंजाइश है और क्या करेंगे?...? अगले दिनों यज्ञ का शिक्षण करेंगे। लोक-शिक्षण के दो आधार हैं—पहला है विचारों का परिष्कार और दूसरा है ...
- गायत्री मेरी कौन लगती है?...? श्रद्धा का अर्थ यह नहीं है। माँ प्यार करती है, मिठाई भी खिलाती है और जब नाराज होती है तो गाल पर चपत ...
- गायत्री से लड़ाई हो गई थी?...? नहीं साहब! लड़ाई-भिड़ाई तो नहीं हो गई थी, पर हमारा ख्याल है कि ब्रह्मा जी ने जरूर शाप दे दिया होगा। ...
- गायत्री, जो हमारी भारतीय संस्कृति की जननी थी, उसके बारे में हम आपको क्या बताएँ?...? गायत्री हिन्दू धर्म का मूल है। मुसलिम धर्म का एक सूत्र है, उसका नाम है कलमा और हिन्दू का एक सूत्र है, ...
- गायें कटती रहें तो हम बधिकों को किस मुख से कह कह सकते हैं कि तुम्हारा कृत्य अनुचित है?...? भाग्य और भगवान की इच्छा ही जब एकमात्र कारण है, तब उस कुकृत्य को रोकने की, विरोध करने की बात सोचना ही...
- गारण्टी क्यों नहीं है?...? इसलिए नहीं है कि इसके साथ में और चीजों की जरूरत है।
मित्रो! केवल राम का नाम लेना ही काफी नहीं ह...
- गार्गी ने कहा—बस हो गया, क्या आपका ज्ञान केवल सिर काटने वाली बात तक ही सीमित है?...? अरे ऋषिवर! आप हमारे प्रश्नों का उत्तर दीजिए, चुप क्यों हो गये? मित्रो, हम कहना यह चाहते हैं कि गार्ग...
- गार्ड ने हड़बड़ा कर देखा, पूछा ‘‘कहाँ हैं बच्चे?...? ’’ और गाड़ी रोक दी।
इस बीच उन लड़कों ने मुझे उठाया और हाथ पकड़कर अपने साथ ले गये तथा सबसे पीछे गार्ड ...
- गालियाँ दीं तब?...? चन्दन कहता है कि ऐसा होना बड़ा कठिन है। मैं कैसे गालियाँ दूँगा। गालियाँ मेरे पेट में हैं कहाँ? मेरे ...
- गालियाँ मेरे पेट में हैं कहाँ?...? मेरे पेट में तो केवल सुगन्ध है। चन्दन को हम जलाते रहे, गालियाँ देते रहे और चन्दन खुशबू फैलाता रहा। उस...
- गालियाँ देकर के आप अपने वजन को और अपनी जबान को गन्दा क्यों करते हैं?...? अगर आप अपनी जीभ को इसी तरीके से कुसंस्कारी बनाते चले जाएँगे, संस्कारविहीन बनाते चले जाएँगे तो आप आध्...
- गालियाँ देकर के आप अपने वजन को और अपनी जबान को गन्दा क्यों करते हैं?...? अगर आप अपनी जीभ को इसी तरीके से कुसंस्कारी बनाते चले जाएँगे, संस्कारविहीन बनाते चले जाएँगे तो आप आध्...
- गालियाँ सुनाने के बाद नारद जी जब शान्त हो गए, तब विष्णु भगवान ने कहा कि एक बात बताओ नारद?...? मैंने अपने भक्तों में से किस-किस की मनोकामना पूरी की है? एक भी ऐसे आदमी का नाम बता दीजिए कि जिसकी मै...
- गाली इसलिए दे रहा था कि आप तो हनुमान चालीसा का पाठ करने तक सीमित हो गए?...? आपने यह विचार नहीं किया या नहीं करना चाहते कि भक्त को हनुमान जी जैसा, होना चाहिए। भक्त को अपने जीवन ...
- गाली खाने से क्या एतराज है आपको?...? गाली तो खाइए ही।आप पीले कपड़े पहन लेना और रेलगाड़ी के थर्डक्लास के डिब्बे में बैठ जाना। हर आदमी गाली...
- गाली देने से क्या मतलब है?...? जब मैंने यह विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म-अध्यात्म तक का सारा ढाँचा किस वजह से खड़ा किया गया ह...
- गाली देने से क्या मतलब है?...? जब मैंने यह विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म-अध्यात्म तक का सारा ढाँचा किस वजह से खड़ा किया गया है...
- गाली देने से क्या मतलब है?...? लेकिन जब मैंने ये विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म और अध्यात्म तक का सारा खाँचा और ढाँचा किस वजह ...
- गाली पड़ती है ना?...? हाँ साहब! गाली पड़ती है। हाँ बेटे, गाली पड़ेगी। आगे भी, अभी और गालियाँ पड़ेंगी। क्यों? क्योंकि आपने बच्...
- गाड़ी कहाँ से चलेगी?...? यह भी तो देखिए। हमारे पास बन्दूक है। बन्दूक तो है, पर चलेगी कहाँ से? निशाना तब लगेगा, जब बन्दूक में गोल...
- गाड़ी की हालत देखकर सबको और भी ज्यादा आश्चर्य हुआ कि इसमें सवार लोग बच कैसे गये?...? और किसी को भी कोई गम्भीर चोट नहीं लगी थी। जबकि गाड़ी को देखकर लगता था कि इसमें सवार कोई भी आदमी जीवित ...
- गिद्धों का मरना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन एक गिद्ध ने समय को पहचान लिया था कि हमारी जरूरत है किसको?...? सीता जी को जरूरत है कि कोई हमारी सहायता करे और वह चल पड़ा और धन्य हो गया।क्यों साहब हम भी बूढ़े हो जाए...
- गिनती क्या होती है?...? गिनती होती हैं ९। तो गिनती थोड़े ही करूँगी अठन्नी में। तो क्या भाव करेगी गिनती? एक रुपये में एक करूँग...
- गिरजाघरों में भगवान के लिए कोई गुंजाइश नहीं है क्या?...? वहाँ कहीं-कहीं मरियम की मूर्ति लगी रहती है, तो कहीं-कहीं ईसा की प्रतिमा लगी रहती है। एक छोटा-सा प्रा...
- गिरजाघरों में भगवान के लिए कोई गुंजाइश नहीं है क्या?...? ? वहाँ कहीं-कहीं मरियम की मूर्ति लगी रहती है, तो कहीं-कहीं ईसा की प्रतिमा लगी रहती हैं। एक छोटा-सा प...
- गिरजाघरों में भगवान के लिए कोई गुंजाइश नहीं है क्या?...? वहाँ कहीं कहीं मरियम की मूर्ति लगी रहती है, तो कहीं-कहीं ईसा की प्रतिमा लगी रहती है। एक छोटा सा प्रा...
- गिरजाघरों में भगवान् के लिए कोई गुंजाइश नहीं है क्या?...? वहाँ कहीं-कहीं मरियम की मूर्ति लगी रहती है, तो कहीं-कहीं ईसा की प्रतिमा लगी रहती हैं। एक छोटा-सा प...
- गिरधर गोपाल को, उन्होंने एक पत्थर को क्यों मान लिया?...? पत्थर को देवता मान लिया; पत्थर को भगवान मान लिया; पत्थर को न जाने क्या मान लिया? पत्थर को प्रतीक, प्...
- गिरधर गोपाल कौन?...? पत्थर का टुकड़ा। नहीं, मीरा की श्रद्धासिक्त प्रगाढ़ भावना के मिल जाने से ही पत्थर गिरधर गोपाल बन सका...
- गिरधर गोपाल कौन?...? पत्थर का टुकड़ा। नहीं, मीरा की श्रद्धासिक्त प्रगाढ़ भावना के मिल जाने से ही पत्थर गिरधर गोपाल बन सका। ...
- गिरधर गोपाल कौन?...? पत्थर का एक टुकड़ा। नहीं, मीरा की श्रद्धासिक्त प्रगाढ़ भावना के मिल जाने से ही पत्थर गिरधर गोपाल बन सक...
- गिरने की क्या बात है?...? जमीन में एक विशेषता है, कशिश है वो खींच लेती है। नीचे की तरफ गिराने वाली कशिश इस संसार में इतनी भरी ...
- गिरने में क्या देर लगेगी?...? अन्तरिक्ष में उल्काएँ अपने आप गिरती रहती हैं। जब जमीन से रॉकेट अन्तरिक्ष की ओर फेंकने पड़ते हैं, तब कर...
- गिराता कौन है?...? इंसान। उठाता कौन है? भगवान। इंसान के भीतर उठाने वाला जो माद्दा है, उसको कहते हैं भगवान। भगवान किसे क...
- गिराता कौन है?...? इनसान। उठाता कौन है? भगवान इनसान के भीतर उठाने वाला जो माद्दा है, उसको कहते हैं भगवान। भगवान किसे कह...
- गिरिधर गोपाल से क्या मतलब है आपका?...? गिरिधर गोपाल से आपका मतलब अगर पत्थर से था, तो वह पत्थर राजस्थान के मेड़ता में अभी भी ज्यों-का-त्यों ...
- गिलहरियाँ ऐसे ही घूमती रहती हैं, बालू में बैठी रहती हैं और बालू भर जाती है फिर क्या खास बात थी उसमें?...? यह थी कि उसने समय को पहचान लिया था कि अब भगवान आए हुए हैं, उन पर एहसान करना चाहिए। भगवान की जरूरत मे...
- गिलहरियाँ ऐसे ही घूमती रहती हैं, बालू में बैठी रहती हैं और बालू भर जाती है फिर क्या खास बात थी उसमें?...? यह थी कि उसने समय को पहचान लिया था कि अब भगवान की जरूरत में, आवश्यकता में मदद करनी चाहिए। यह गिलहरी ...
- गिलहरी की जरा भी मिट्टी से क्या हो गया?...? बालू से क्या हो गया? यह तो मैं नहीं जानता, लेकिन यहाँ बालू की नहीं, भावना की बात चल रही है। भावना जर...
- गिलहरी की जरा-सी मिट्टी से क्या हो गया?...? बालू की नहीं, भावना की बात चल रही है। भावना जरा-सी हो, चाहे छोटी हो या बड़ी हो, बड़ी जबरदस्त होती है औ...
- गिलहरी कौन थी?...? मुझे गिलहरी का जिक्र करने की जरूरत नहीं है। मैं गिलहरी के पीछे नहीं पड़ना चाहता। मैं तो दैवीय सभ्यता ...
- गिलहरी जैसा प्रयास क्यों न हो?...? पर हो तो सही। लोक-मंगल की राह पर चलने के लिए हो सके, तो आप यह साहस अवश्य दिखाना। हम चाहेंगे कि आप मे...
- गिलहरी ने क्या किया?...? परम्परा कायम की। गिलहरी की जरा भी मिट्टी से क्या हो गया? बालू से क्या हो गया? यह तो मैं नहीं जानता, ल...
- गिलास से पी लें?...? गिलास से पी लो। कटोरी से पी लें? कटोरी से पी लो। हाथ से पी लें? हाथ से पी लो। सोके पी लें? सोकर पी ल...
- गीता का पाठ?...? नारायण मंत्र का पाठ? नहीं, कुछ नहीं बताया। उन्होंने कहा—इस समय आपत्ति घर में है। सीता जी आपत्ति में ...
- गीताकार ने अर्जुन से कहा था कि कौरव दल का मरण तो नियति ने ही करके रख दिया है, राज्य सुख और अक्षय यश का भागी बनने से कतराता क्यों है?...? सुयोग का लाभ उठाने में बुद्धिमानी क्यों नहीं देखता? ऐसी ही प्रचण्ड प्रेरणाएँ असंख्यों को मिलेंगी और ...
- गीताप्रेस से छपे हुए रामायण की भूमिका में लिखा है कि गोस्वामी जी क्या करते थे?...? जब वे शौच फिरने जाते थे, तो पानी का लोटा ले जाते थे। शौच के बाद जो पानी बच जाता था, तो पास में बेर क...
- गुंबद भी कहता है—कौन बोल रहा है?...? हम कहते हैं—जो कुछ है, हमारे हवाले कीजिए। गुंबद भी कहता है जो कुछ है, हमारे हवाले कीजिए। हम कहते हैं...
- गुजारा क्या हो सकता है?...? बिल्डिंगों का मेन्टीनेन्स क्या हो सकता है? आप समझते हैं। बहुत खरच होता है।
ओढ़ी हुई शानदार ग...
- गुजारे का इंतजाम कैसे होगा?...? उन्होंने कहा कि अब तो मैंने अपनी नाव को भँवर में छोड़ दिया है। जो कुछ होने वाला होगा, भगवान सँभालेग...
- गुण और पहले क्या माँगने आया था?...? दौलत। बाद में क्या माँगने लगे? गुण। मनुष्यों के ऊपर सन्त कभी कृपा करते हैं, तो यही कृपा करते हैं। सन्त...
- गुणों से क्या हो जाएगा?...? जो कुछ भी होता है—भौतिक अथवा आध्यात्मिक उन्नति, वह सब गुणों से ही तो होती है। आदमी को जहाँ कहीं भी उ...
- गुणों से क्या हो जाएगा?...? गुणों से ही होता है सब कुछ। भौतिक अथवा आध्यात्मिक जहाँ कहीं भी आदमी को उन्नति मिली है, केवल गुणों के...
- गुत्थियों का हल और समाधान निकालने के लिए क्या कदम बढ़ाए जाने चाहिए और किस तरीके से काम करना चाहिए?...? यह सिखाने का प्रबन्ध किया है।एक और आपको अचम्भा होगा। यहाँ बहुत दिनों से जब से यह आश्रम बना है, यहाँ ...
- गुब्बारा मिलता है और क्या मिलता है?...? लेमनचूस मिलता है और क्या मिलता है? टॉफी मिलती है और क्या मिलता है, झुनझुना मिलता है। नहीं साहब! बड़ी...
- गुब्बारा मिलता है?...? लेमनचूस मिलता है और क्या मिलता है? टॉफी मिलती है और क्या मिलता है, झुनझुना मिलता है। नहीं साहब! बड़ी...
- गुरु ऐसा करते हैं?...? नहीं साहब ! आइए गुरु-शिष्य का खेल खेलेंगे और राजा-रानी का खेल खेलेंगे। बेटे! ये बच्चों के खे...
- गुरु और भगवान दोनों में से कौन बड़ा है गुरु अथवा भगवान?...? बेटे, यदि तुलनात्मक दृष्टि से देखेंगे तो पाएँगे कि गुरु ही बड़ा है, क्योंकि वह शिष्य को भगवान से मिल...
- गुरु का कार्य?...? गुरु चलो, हम न सही; पर हमारे जो गुरु हैं, वह भी इस वातावरण में हैं, जिसमें आप निवास करते हैं। गुरु क...
- गुरु का ध्यान?...? हाँ बेटे, हम अपने गुरु का ध्यान करते हैं। गुरु को हमने देखा है। उनके बारे में हमको विश्वास है। गायत्...
- गुरु का ध्यान?...? हाँ बेटे, हम अपने गुरु का ध्यान करते हैं। गुरु को हमने देखा है। उनके बारे में हमको विश्वास है। गायत्...
- गुरु का वरदान मिला?...? हाँ, गुरु का वरदान भी मिला था, पर शिवाजी को माँ ने बनाया था। अनेकानेक नारियों ने कितना काम किया है? ...
- गुरु किसे कहते हैं?...? अरे साहब! वह तो बहुत बड़ा गुरु है। बस, आप सब गुरु हैं। चेला तो एक हम हैं, दूसरे शंकर जी हैं और तीसरे...
- गुरु कौन होता है?...? गुरु हमारा मार्गदर्शक होता है और गुरु हमारी प्रेरणाओं का स्रोत होता है। हमारे मार्ग में जो काँटे बिख...
- गुरु कौन होता है?...? जो हजामत बनाता है। आप क्या चाहते हैं? हमको यह आशीर्वाद दे दीजिए। अच्छा साहब! आशीर्वाद दे देंगे। क्या...
- गुरु क्या होता है?...? अरे बेटे, वह भगवान है। भगवान हमको देता है। हरेक को वह नहीं दे सकता। आपका गुरु हमको दे देगा? नहीं बेट...
- गुरु क्या होता है?...? अरे बेटे, वह भगवान है। भगवान हमको देता है। हरेक को वह नहीं दे सकता। आपका गुरु हमको दे देगा? नहीं बेट...
- गुरु गोविंद सिंह क्या तमाशा दिखाते थे?...? सड़क पर मजमा लगाते थे? कान में से बन्दर निकालते थे? बेकार की बातें मत कहिए। वे सिद्धपुरुष थे कि नहीं थ...
- गुरु गोविंद सिंह ने कहा, मारे गए तो बेटा फिर तू कैसे आ गया?...? उस वक्त बच्चे से जवाब नहीं बन पड़ा। वह बेचारा समझ नहीं सका कि पिता जी का क्या इशारा है? पिता जी का यह...
- गुरु जब पागल हो जाता है और गुरु की याददाश्त कमजोर हो जाती है, तो उस गुरु से हमारा क्या काम चलता है?...? दूसरा गुरु तलाश करना पड़ता है। इसलिए असली गुरु की तलाश कीजिए, जो न कभी बीमार होता है, जिसकी न अकल खर...
- गुरु जी जो माँगेगा, उसे भी नहीं?...? नहीं बेटा, सबको नहीं मिलते। दैवी अनुग्रह प्राप्त करने की भी शर्त है। कौन-सी शर्त है? अब हम आपको यही ...
- गुरु जी जो माँगेगा, उसे भी नहीं?...? नहीं बेटा, सबको नहीं मिलते। दैवी अनुग्रह प्राप्त करने की भी शर्त है। कौन सी शर्त है? अब हम आपको यही ...
- गुरु जी ने कई बार उदाहरण दिया है कि भगवान ने हम से कहा, बेटे, कुछ माँगना है क्या?...? अपने बच्चों के लिए माँग ले, अपनी पत्नी के लिए माँग ले, तूने इतना तप किया है। वे बराबर इस बात को ठुकर...
- गुरु जी ने कहा—अब क्या किया जाए?...? मछली ने कहा—गुरुजी! मैं सीमाबद्ध होकर नहीं रह सकती। गायत्री तपोभूमि बनाइए। चारों वेद लिखिए। गायत्री ...
- गुरु द्रोणाचार्य कौन था?...? द्रोणाचार्य था- एकलव्य का बेटा, उसने इसे अपने दिमाग में पैदा किया था। फिर कहाँ चला गया? फिर द्रोणा...
- गुरु ने आपको क्या दिया है?...? हमको क्या दिया है? यही पूछना चाहते हैं न आप? चलिए, हम आपकी भाषा में ही बोलते हैं कि गुरु ने हमारा दि...
- गुरु ने आपको क्या दिया है?...? हमको क्या दिया है? यही पूछना चाहते हैं न आप? चलिए हम आपकी भाषा में बोलते हैं कि गुरु ने हमारा दिवाला...
- गुरु ने कहा राम-राम, ये क्या हो गया?...? कबीर ने कहा—बस मुझे सच्ची शक्ति मिल गई। आप और हम जैसे लोग होते, तो कहते कैसा जाहिल है जो हमारी छाती ...
- गुरु ने पूछा अच्छा आप बतायें गला कस देने वाली टाई और गला खुजलाने वाली दाढ़ी से क्या लाभ?...? ईसाई बोला-टाई हमें ईसामसीह के त्याग की याद दिलाती है और मुसलमान युवक बोला-दाढ़ी हमें अल्लाह की कुदरत ...
- गुरु बोले-बेटा वह बुद्धि, वह ज्ञान, जिसके उपयोग से वह शेर और हाथी से भी बलवान है उठ अपनी बुद्धि का उपयोग कर और अपना जीवन सार्थक बना?...? (५) माँ पूजन आदि की तैयारी कर रही थी। बच्चे ने पूछा-माँ क्या कर रही है। तेरे जन्म दिन के पूजन की तै...
- गुरु वसिष्ठ ने पूछा-दोपहरी में आप लोग यहाँ कैसे आए?...? महाराज जी! हम लोग रास्ता भूल गए हैं और सेना के साथ यहाँ पर आ पहुँचे। आप लोगों ने खाना भी नहीं खाया ह...
- गुरु से क्या प्रार्थना करनी चाहिए?...? गुरु को तो हुक्म देना है कि हमको ये करना है, बस, हमारे लिए वही सब कुछ है।...
- गुरु हैं, तो क्या हुआ?...? भाई हैं, तो क्या हुआ? मामा हैं तो क्या हुआ? कोई भी क्यों न हों, जब गलत काम करते हैं, तो हमारे को...
- गुरु-शिष्य के प्रेम के बिना आदान-प्रदान कैसे शुरू हो जायेगा?...? मैं यह चाहता था कि इस शिविर के अन्त तक आप एवं हम जरा नजदीक आ जाते तथा आपस में घुल-मिल जाते, तो मजा ...
- गुरुगोविंद सिंह ने कहा, मारे गए, तो बेटा फिर तू कैसे आ गया?...? उस वक्त बच्चे से जवाब नहीं बन पड़ा। वह बेचारा समझ नहीं सका कि पिताजी का क्या इशारा है? पिताजी का यह इ...
- गुरुजी क्या हैं?...? वही हैं जो स्टेशन पर मशीन लगी है। किसकी मशीन? वेट जानने की मशीन। वेट जानने में क्या करना पड़ता है? ...
- गुरुजी अकेले पीते ऐसा कैसे सम्भव था?...? अध्यात्म क्षेत्र में कुण्डलिनी जागरण का बहुत महत्त्व है। एक दिन एक व्यक्ति गुरुजी के पास पहुँचा और ब...
- गुरुजी अगर असली रुद्राक्ष कहीं से मिल जाये तो क्या सारे के सारे देवता पकड़ में आ जाएँगे?...? असली रुद्राक्ष की माला से जो जप करेगा, वही मालामाल हो जाएगा? क्या आपके पास भी असली रुद्राक्ष की माला...
- गुरुजी आप हवन करा सकते हैं तथा हमारी बीबी को दो बच्चा दे सकते हैं?...? बेटे हम नहीं करा सकते हैं। आप पहले अपने परिवार में इस तरह का त्यागमय वातावरण बनाइये, जैसे कि दशरथ ...
- गुरुजी उठे और पूछा, ‘‘मोतीलाल, कराह क्यों रहे हो?...? ’’ मैंने बताया, ‘‘गुरुदेव, पसली में भयंकर दर्द हो रहा है।’’
गुरुदेव बोले, ‘‘मेरे पास आ।’’ मैं उठ कर...
- गुरुजी उस समय क्या कह रहे थे तब समझ में नहीं आया?...? किन्तु मैंने सुना था कि यह यथार्थ है एवं जीवन का सत्य है कि जिस तरीके से व्यक्ति को एक ब्राह्मणोचित ...
- गुरुजी उस हस्ती का क्या कहना कि जिसने यथार्थ करके दिखा दिया कि ब्राह्मणोचित जीवन कैसा होना चाहिए?...? जो ज्ञान है वह भगवान के लिए समर्पित है। शरीर है वह भी भगवान के लिए है। भगवान माने सारा विश्व। एक भगव...
- गुरुजी का आशीर्वाद भी जीभ और हमारा भजन भी जीभ, सब जीभ-ही-जीभ क्रिया की जरूरत ही नहीं पड़ेगी?...? हाँ गुरुजी! क्रिया की क्या जरूरत है। आप तो जीभ हिला दीजिए, बस हो जाएगा, आशीर्वाद। बेटे, ऐसा कोई ...
- गुरुजी का आह्वान है कि हम हजार हाथ का बनना चाहते हैं?...? हजार हाथ, जिसमें आप सभी बैठे हैं, सब उनके एक-एक हाथ हैं।
यदि आपका यह संकल्प हो और आपका समर्पण हो...
- गुरुजी कितने बड़े है?...? जितना बड़ा हमारा काम। आपकी दृष्टि में हमारा समग्र रूप नहीं आ सकता; क्योंकि आपकी आँखें बहुत छोटी हैं। ...
- गुरुजी की दृष्टि से वह भला कैसे ओझल रहती?...? एक स्टेशन पर जब उसके साथ के परिजन नीचे उतरे तो गुरुजी ने उसे पानी पिलाया और चना मुर्रा खाने को दिया।...
- गुरुजी के पाँव, गुरुजी का शरीर देखा आपने?...? क्या आपने गुरुजी का आशीर्वाद पाया? हाँ बेटा! पाया, लाखों व्यक्तियों ने पाया और आज यदि उन सभी के बारे...
- गुरुजी के पाँव, गुरुजी का शरीर देखा आपने?...? क्या आपने गुरुजी का आशीर्वाद पाया? हाँ बेटा! पाया, लाखों व्यक्तियों ने पाया और आज यदि उन सभी के बारे...
- गुरुजी के लिए क्या चाहिए?...? रुपया-पैसा, धोती-कपड़ा, खाना-पीना, नहीं बेटे! हमारी जो भुजाएँ हैं, उनसे हम कमा लेंगे। न हमने मिशन का...
- गुरुजी के लिए क्या चाहिए?...? रुपया-पैसा, धोती, कपड़ा, खाना-पीना, नहीं बेटे! तो हमारी दो भुजाएँ हैं उनसे हम कमा लेंगे। न हमने मिशन...
- गुरुजी के साथ कौन था?...? बेटे परोक्ष था, प्रत्यक्ष तो कोई नहीं था।
कब आती है शक्ति?
उनके साथ परोक्ष था और उनकी श्रद्धा ...
- गुरुजी कैसे जान गये कि घर में खबर नहीं पहुँची?...? नरेन्द्र सिंह ने चिट्ठी नहीं दी? उन्हें तकलीफ हुई! आदि बातें मेरे मन को मथने लगीं। इधर घर आने पर पता...
- गुरुजी कैसे हैं बेटे?...? अरे झुर्री पड़ गई, दाँत उखड़ गए, 80 साल के हो गए। बुड्ढे हो गए? बुड्ढे हो गए होगे तुम, वह बुड्ढे नही...
- गुरुजी को अवतारी बना रही हैं?...? बेटा! कहने दीजिए, इसमें आपको क्या एतराज होना चाहिए? अवतारी ही हैं। अरे मैं तो यह कहूँगी कि हर व्यक्त...
- गुरुजी को किसने जाना है?...? मैं समझती हूँ कि अभी किसी ने नहीं जाना है। भगवान जाने हम सौभाग्यशाली हैं कि दुर्भाग्यशाली हैं, कह नह...
- गुरुजी को कैसे बोलना आता है?...? उनकी नाक कैसी है? उनके बाल कैसे हैं? हर आदमी की आँख हमारे ऊपर लगी हुई है। तो बेटे, आप जनता के सामन...
- गुरुजी को चवन्नी की माला पहनाई और ढाई रुपये का बॉलपेन ले गया, क्या फायदा हुआ?...? बेटे! तू अपनी माला अपने पास रख और हमारा फाउन्टेनपेन हमारे पास रहने दे। मत तू हमको गालियाँ दे और न ही...
- गुरुजी को माला पहना दें, तो आचार्य जी नाराज हो जाएँगे?...? नहीं, कोई नाराज नहीं होगा। जो गुरुजी हैं, वही आचार्य जी हैं। देवपूजन का लक्ष्य मित्रो! अगर आप...
- गुरुजी कौन हैं?...? बेटे! गुरुजी, उस हस्ती का क्या कहना कि जिसने यथार्थ करके दिखा दिया कि ब्राह्मणोचित जीवन कैसा होना चा...
- गुरुजी कौन हैं?...? बेटे! गुरुजी उस हस्ती का क्या कहना कि जिसने यथार्थ करके दिखा दिया कि ब्राह्मणोचित जीवन कैसा होना चाह...
- गुरुजी क्यों आये हैं?...?
गुरुजी आते ही मेरे बिस्तर के पास पहुँच कर बगल में बैठ गये और बोले-‘‘हाँ! बता, क्या-क्या दवाई की बे...
- गुरुजी दोनों को अलग कर दें तब?...? अकेले कलेवर में ताकत है? अकेले कलेवर में, हम जब मरें तो उसको आप उठा ले जाना। गुरु जी! व्याख्यान कहिए...
- गुरुजी ने इतना बड़ा संगठन खड़ा किया?...? विश्व का पहले नंबर का संगठन
सन् 1970-71 में तो यहीं चले आए। अपनी एक कोठरी में बैठकर पत्र-व्यवहार से...
- गुरुजी ने उन्हें नमस्कार किया और बोले, ‘‘मास्टर साहब, आपका स्वास्थ्य कैसा है?...? आप बाहर गये, लौटे, तो आये क्यों नहीं? मास्टर जी ने हाथ जोड़े और बोले,‘‘आचार्य जी, आपके पास बहुत कलाये...
- गुरुजी ने कहा, ‘‘पता लगाओ, मास्टर साहब बीमार तो नहीं हो गये?...? ’’ एक व्यक्ति को घर भेजा। पत्नी ने कहा, ‘‘मास्टर साहब बाहर गये हुए हैं।’’ एक दिन मास्टर जी गुरुजी को...
- गुरुजी ने कहा, ‘‘ले, मेरा हाथ पकड़ और बता कहाँ-कहाँ दर्द हो रहा है?...? ’’ उन्होंने मेरा हाथ पकड़ा, मैंने जहाँ-जहाँ बताया वे वहाँ-वहाँ हाथ फिराते रहे। लगभग बीस-पच्चीस मिनट उ...
- गुरुजी ने कहा—अब क्या किया जाए?...? मछली ने कहा—गुरुजी मैं सीमाबद्ध होकर नहीं रह सकती। गायत्री तपोभूमि बनाइये। चारों वेद लिखिए। गायत्री ...
- गुरुजी ने जिम्मेदारियाँ समझीं कि जो दौलत के रूप में मिला?...? आध्यात्मिक दौलत के रूप में मिला, पैसे के रूप में नहीं, पैसे की कभी अपेक्षा नहीं की, पर आता ही गया, क...
- गुरुजी ने तिलक किया है, मना कैसे करते?...? अतः कहा ‘‘गुरुजी गोत्र समान है। कहते हैं, ऐसे में दोनों की एक दूसरे से पटती नहीं।’’
बहाना तो बहाना...
- गुरुजी ने देखिए कहा था और हमने लाल रंग का टिकमार्क पहले ही लगा दिया था कि इनको जरूर बुलाना और देखिए आपके नाम पर टिकमार्क लगा हुआ है और आप ही नहीं आये, ये क्या हुआ?...? अच्छा तो कुछ काम लग गया होगा? हाँ साहब, आज तो बहुत काम लग गया था, संध्या से जुकाम हो गया था। कल तक...
- गुरुजी ने पूछा, ‘‘कहाँ से आये?...? ’’ वह बोला, ‘‘हाथरस से आया हूँ।’’ उसके पास एक छोटी सी थैली थी। जिसमें कुछ चीज रखी थी। उसने वह थैली उ...
- गुरुजी ने पूछा, ‘‘तुम में से कोई दो कप लाया है क्या?...? कोई नहीं लाया। सब गुरुजी के लिए एक कप लाये हैं।’’ फिर कहा, ‘‘स्टॉल से एक कप ले आओ, मैं तुम सबकी केतल...
- गुरुजी ने पूछा, ‘‘बेटा कहाँ ठहरा है?...? ’’ वह बोले, ‘‘गुरुजी, यहाँ दिक्कत होती इसलिये परमार्थ आश्रम में ठहरा हूँ।’’ गुरुजी ने तुरन्त डॉक्टर स...
- गुरुजी ने पूछा, ‘‘बेटे, क्या छोड़ा?...? ’’ मैंने जवाब दिया, ‘‘सिगरेट व तम्बाकू।’’ इसके तत्काल बाद गुरुदेव ने ‘एवमस्तु’ कहा। मैं चुप रहा, क्य...
- गुरुजी ने मुझसे पूछा-‘‘तुम सिगरेट पीते हो?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘नहीं, गुरुजी’’ गुरुजी ने कहा-‘‘मुझसे झूठ बोलते हो? आज के बाद सिगरेट मत पीना।’’ मैं क...
- गुरुजी ने लौट कर गद्दी पर नया कवर देखा तो पूरी खोजबीन की, किसने बनाया?...? कहाँ से आया? किसी ने बता दिया कि मुक्ति दीदी को देखा था। शायद उन्हीं का काम होगा। अगले दिन उन्होंने ...
- गुरुजी पर रखे हैं रुपये, जो दे देंगे गुरुजी?...? गुरुजी के पास तो एक छदाम नहीं रहता। आज तक कभी भी उनकी जेब में एक चार पैसे नहीं निकले, तो तुम्हें कहा...
- गुरुजी बड़े सहज ढंग से अपनी ओर इशारा करते हुए बोले, ‘‘देखती नहीं, मैं कौन हूँ?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘गुरुदेव, सब तो आपको भगवान् कहते हैं।’’ गुरुजी बोले, ‘‘हाँ बेटा, तेरा तो मैं भगवान् ह...
- गुरुजी मुझसे अकेले में मिले व कहा, ‘‘बता बेटा, तेरा क्या-क्या चल रहा है?...? ’’
मैंने कहा, ‘‘जप अधिक करता हूँ। अतः समय कम मिल पाता है। अपना काम भी करता हूँ व शाम को प्रचार में...
- गुरुजी मैं अपनी जिन्दगी में वक्ता हो जाऊँगा?...? जरूर हो जाएगा, मैं यह आशीर्वाद देता हूँ।बेटे! अपने मन को नियंत्रित करना और झिझक हटाना सीख ले। जहाँ य...
- गुरुजी रामराज्य कौन-सी तारीख को आएगा?...? युग निर्माण कब हो जाएगा? क्यों तू क्या करना चाहता है? मुझे क्या पता कब तक हो जाएगा? मित्रो! क्या करन...
- गुरुजी से कहने की किसी की हिम्मत नहीं पड़ रही थी?...? सभी आपस में काना-फूसी कर रहे थे।
आखिर में श्री सत्यप्रकाश जी, सतीश भाई साहब कीमौसी के लड़के, जिन्हें...
- गुरुजी से प्रार्थना की, ‘गुरुजी आज तो मैं यहाँ था, यही मेरे पीछे घटता, तो पत्नी को कौन बचाता?...? ’ अचानक गुरुजी सूक्ष्म रूप में तैरते हुए कमरे में आये और कहा, ‘‘बेटा! मैं यहाँ बैठा तो हूँ। तू क्यों...
- गुरुजी से माँगें ही माँगे या गुरुजी को कुछ चाहिए भी, क्यों साहब?...? गुरुजी के लिए क्या चाहिए? रुपया-पैसा, धोती, कपड़ा, खाना-पीना, नहीं बेटे! तो हमारी दो भुजाएँ हैं उनसे...
- गुरुजी हमारे पास आये और बोले, ‘‘अमल कुमार कौन है?...? ’’ मैं घबरा कर खड़ा हो गया। गुरुजी बोले, ‘‘बैठो-बैठो! खाना खाओ। खाकर तपोभूमि में मेरी प्रतीक्षा करना।...
- गुरुजी हमें कोई और भाषा नहीं आती हम तो सिवाय मालदारी के न भगवान की भक्ति का कोई मतलब निकालते हैं, न पूजा का मतलब निकालते हैं?...? न सिद्धि का मतलब निकालते हैं। हमारी एक ही कसौटी है बस मालदारी की बात। चलिए मैं आपको बताता हूँ एक और ...
- गुरुजी, तो फिर क्या आप हिमालय चले जाएँगे?...? हिमालय चले जायेंगे, तो आपको क्या दिक्कत आयेगी? हमारे गुरुजी भी तो हिमालय में रहते हैं और हिमालय मे...
- गुरुजी, उस हस्ती का क्या कहना कि जिसने यथार्थ करके दिखा दिया कि ब्राह्मणोचित जीवन कैसा होना चाहिए?...? जो ज्ञान है, वह भगवान के लिए समर्पित है। शरीर है, वह भी भगवान के लिए है। भगवान माने सारा विश्व।
ए...
- गुरुजी, गायत्री की मूर्ति तो हमारे यहाँ पहले से ही रखी हुई है, फिर दुबारा क्यों?...? बेटे, ये मूर्ति नहीं है, यह प्रज्ञा मन्दिर है। प्रज्ञा को हम सर्वोपरि मानते हैं। प्रज्ञा से बढ़कर और क...
- गुरुजी, स्नान कर लूँ?...? नहीं बेटे, कर सके तो कर ले, नहीं तो स्नान किए बिना ही बैठ जाना। बैठ करके यह ध्यान करना, जैसे मैं अपन...
- गुरुजी, स्नान कर लूँ?...? नहीं बेटे, कर सके तो कर ले, नहीं तो स्नान किए बिना ही बैठ जाना। बैठ करके यह ध्यान करना, जैसे मैं अपन...
- गुरुजीर बोले दिलीप हम तुम्हारे घर ठहरे हम कुछ देकर जा रहे हैं मालुम है क्या?...? दिलीप बोला गुरुजी आप बतलायें। गुरुजी बोले तेरे ये दो बच्चे जो जुड़वा हुये है इनमें एक का ही जीवन था अ...
- गुरुदेव अभी आप और उदाहरण सुनाएँगे?...? नहीं बेटे, अब मैं और नहीं सुनाऊँगा। अगर और हवाला देना पड़ा तो सारे विश्व का वह इतिहास आपके सामने पेश ...
- गुरुदेव का आदेश है, कैसे नहीं मानूँ?...? ? पर दो घण्टे से भी अधिक समय बीत चुका था। अब मेरा मन आशंकित होने लगा। कहीं कुछ अनहोनी न हो जाय। पर भी...
- गुरुदेव का क्या ठिकाना?...? आज रहेंगे, कल नहीं। मैं उन लोगों में से नहीं हूँ, जो सन्त कृपाल सिंह के तरीके से यह कहते फिरते हैं कि...
- गुरुदेव ने उसी लहजे में लड़के से पूछा, ‘‘ये लड़की मेरी है, मेरा गोत्र चमार है, तू बता शादी करेगा?...? ’’
लड़के ने हाँ कर दी व शादी धूम-धाम से हो गई।
बाद में चैतन्य जी अन्तर्मन से भाव-विभोर होकर कहते ह...
- गुरुदेव ने देखते ही पूछा, ‘‘सब ठीक-ठाक है?...? ’’ मैंने कुछ नहीं बताया, पर मेरी पत्नी ने सब हाल बताया और कहा, ‘‘गुरुदेव, ऑप्रेशन कराना है, आपका आशी...
- गुरुदेव ने पास बैठाकर कहा कि ‘‘जीवन का लक्ष्य क्या है, पता है?...? ’’ हमने कहा, ‘‘हिमालय जाना चाहते हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘अभी समय अनुकूल नहीं है, आगे हम अवश्य ले जाएँ...
- गुरुदेव ने मुस्कुराते हुए समाचार पूछा, ‘‘कहो, क्या हाल चाल है?...? ’’ सबने एक स्वर से कहा, ‘‘आप हमसे क्यों पूछते हैं गुरुदेव? आप स्वयं तो वहाँ मौजूद थे। आपकी क्षण भर क...
- गुरुदेव बोले—"तेरा तुझको अर्पण क्या लागे मोर", और मुझे क्या आपत्ति है?...? सब कुछ आपका ही है, गुरुदेव ने यह कहा और बच्चो! लाखों, करोड़ों गुना अनुदान बरसता रहा, बरसता रहा, अभी ...
- गुर्दे देखे हैं क्या?...? वे दिन-रात चौबीसों घण्टे आपकी सेवा में लगे रहते हैं। हमको आप इसी तरीके से मानिये कि दिल की तरीके से आ...
- गुलाब के फूल से क्या लेना-देना भगवान को?...? सारी-की-सारी सारी दुनिया में गुलाब ही तो खिले हुए हैं।...
- गुस्सा क्यों आ गया?...? क्योंकि दाल में नमक कम था। अरे भाई! कम लगा तो जरा-सा और डाल लेते। यह क्या हो गया? दिमागी बीमारी है। ...
- गुड़िया बने रहने में उसने क्या खोया और क्या पाया?...? पति को प्रसन्न करने के लिए उसे कामुकता की मनमानी छूट देना न तो पतिभक्ति है और न भाव समर्पण है। जिसमे...
- गूँगी, बहरी, अन्धी हो तब?...? तो कौन शादी करेगा? इसीलिए पात्रता बहुत जरूरी है। कल हमने कहा था न उस दिन आपसे कहा था कि पानी का गड्ढ...
- गूँगी, बहरी, अन्धी हो तब?...? तो कौन शादी करेगा? इसीलिए पात्रता बहुत जरूरी है। कल हमने कहा था न—उस दिन आपसे कहा था, पानी का गड्ढा ...
- गूलर के भुनगे के तरीके से एक छोटे दायरे तक ही सीमित रहेंगे?...? घर के भीतर जो रहते हैं, क्या वही बच्चे होते हैं? पड़ोस में कोई बच्चा नहीं होता? अन्य बच्चों से आपका ...
- गृह-कलह हुआ और सारे परिवार के लोग मारे गये, अन्ततः उनको अपना जो राज-पाट बड़ी मेहनत से जमाया था, सुदामा जी के हवाले करना पड़ा, तो बताइए आपकी परिस्थितियाँ अनुकूल हो सकती हैं?...? भगवान् की परिस्थितियाँ अनुकूल नहीं हुईं तो अगर आप ये सपना देखते हैं कि हमारी मनोकामना पूरी हो जायेगी...
- गृहस्थ जीवन में सामान्य परिस्थितियों में मनुष्य की जो मनोभूमि रहती है, वही मनोभूमि बनी रही, तो फिर इनका इतना व्रत करने का क्या फायदा?...? गंगा नहाने से क्या फायदा? और ढोंग करने से क्या फायदा? जब इन लोगों को इनसे फायदा नहीं हो सकता, तो हमा...
- गेंद के खेल में जीतता कौन है और हारता कौन है बताइये?...? हारता वह आदमी है जिसकी तरफ गेंद चली जाती है। जीतता कौन है? जीतता वह आदमी है जो ठोकर मार कर गेंद को...
- गेहूँ का छिलका जो गायों को फेंक देते हैं, भैंस को डाल देते है?...? हाँ साहब वहीं छिलका है। तो क्या ये सब फ्राड है? किनका फ्राड है? दवाफरोशों का फ्राड है, जो लोगों को स...
- गेहूँ का छिलका जो गायों को फेंक देते हैं, भैंस को डाल देते हैं?...? हाँ साहब वही छिलका है। तो क्या ये सब फ्राड है? किनका फ्राड है? दवाफरोशों का फ्राड है, जो लोगों को सब...
- गैर राजी जानते हैं, कैसी होती है?...? आप सबको मालूम ही होगा।
आप जब बच्चे थे और बात नहीं मानते थे, तो माँ क्या करती थी, जरा बताना? एक इध...
- गैस क्या होती है?...? गैस, गैस क्या होती है, हमें नहीं मालूम। इस शीशी में से निकाला और इस शीशी में डाला, दोनों को मिलाया, ...
- गैस क्या होती है?...? गैस, गैस क्या होती है हमें नहीं मालूम। इस शीशी में से निकाला और इस शीशी में डाला, दोनों को मिलाया, प...
- गैस क्या होती है?...? गैस, गैस क्या होती है, हमें नहीं मालूम। इस शीशी में से निकाला ओर इस शीशी में डाला, दोनों को मिलाया, ...
- गो किसे कहते हैं?...? गो इद्रिय विकारों को कहते हैं। आदमी में जानवरों की जितनी वृत्तियाँ थीं, यह संकेत उन वृत्तियों के बार...
- गोपाल कृष्ण बोले-भाभी जी आपने यह क्या किया?...? वे बोली-यदि हम एक दूसरे के प्रति त्याग का भाव न रखें तो संयुक्त कुटुम्ब का क्या अर्थ। घर के सब खर्चो...
- गोपियों से प्यार करते थे, राधा से प्यार करते थे, लेकिन उन्हें छोड़कर वे कहाँ चले गए?...? गोपियाँ चिल्लाती रह गईं। ब्याह किया, राजपाट बसाया, अर्जुन को राजा बनाया। आखिर में भागकर स्वयं द्...
- गोबर काहे को करता है?...? तो बोला—डर लगता है। अरे! तो लड़ता काहे को है। डरता है, तो लड़े मत। लड़ता है तो डर मत। पाप भी करता जाता ...
- गोबर जहाँ का तहाँ पड़ा रहता है, गली-गली, मुहल्ले-मुहल्ले, दरवाजे-दरवाजे पर कीचड़ फैलाता रहता है, वहाँ एक स्थान बनाया जाए क्या यह सेवा नहीं है?...? हाँ यह सेवा है।शौचालय ऐसे भी बन सकते हैं, जिससे कि मनुष्य का मल खेती-बाड़ी के काम आ जाए और खाद के काम...
- गोली चलाने वाला अगर निशाना न साधे तो उसका काम कैसे चलेगा?...? वह कभी इधर को भटके कभी उधर को भटके तो उससे निशाना कैसे साधा जाएगा? बीस जगह ध्यान रहा तो आप विजेता नह...
- गोली चलाने वाला अगर निशाना न साधे, तो उसका काम कैसे चलेगा?...? वह कभी इधर को भटके, कभी उधर को भटके, तो उससे निशाना कैसे साधा जाएगा? बीस जगह ध्यान रहा, तो आप विजे...
- गोवर्धन अकेले उठा लिया था?...? नहीं, सम्भव नहीं था। इसलिये उन्होंने जगत की परम्पराओं को जारी रखने के लिये जो वास्तविकता को उजागर कर...
- ग्यारह माला के पीछे ये ही मकसद है, आप समझते क्यों नहीं?...? हमारा परमार्थ इस बात में है कि हम इनसान की जिन्दगी अपनाकर सादा जीवनयापन करें, कम में गुजारा करें, कम...
- ग्यारह रुपये क्यों माँगते हैं?...? यह जादूगरी नहीं है
मित्रो ! यह मालूम होता है कि हमारी आध्यात्मिकता मैजिक और जादूगरी के स्तर ...
- ग्रंथ हमने जितने लिखे हैं, अगर एक आदमी जिन्दगी में लिखने के अलावा दूसरा कोई काम नहीं करे तो भी नहीं कर सकता और हमने क्या किया?...? सारी जिन्दगी भर एक आदमी तप करता रहा है। जिन्दगी के अधिकांश समय में हमारा 6 घण्टे रोज दैनिक उपासना में च...
- ग्रह-नक्षत्र अधर में टँगे है और द्रुतगति से घूमते रहते हैं, तो इसे अघटित का घटित होने के अतिरिक्त और क्या कहा जाए?...? मनुष्य स्वल्प है। उसकी सामर्थ्य भी सीमित है। उसकी सूझ-बूझ प्रयत्नशीलता और सफलता भी सीमित स्तर की ही ...
- ग्राम भी अमंगल है- इस अमंगल में कैसे जिया जाए?...? श्रुतिधर ने उसका भी परित्याग किया और निर्जन वन में एक वृक्ष के नीचे एकाकी कुटी बनाकर रहने लगे।...
- ग्रामर क्या हमने बनाई है?...? नहीं, हमने नहीं बनाई है।
भगवान आपको पुकार रहा है
टेरामाइसिन खा लिया, बुखार अच्छा ह...
- ग्रेड भी बढ़ती हुई चली जाती है क्यों?...? हमारी बैंक हमको ईमानदार समझती है कि इसको जो पैसा दिया गया है, वह चुका देगा। और आप चुकाना नहीं चाहते,...
- ग्रेड भी बढ़ती हुई चली जाती है क्यों?...? हमारी बैंक हमको ईमानदार समझती है कि इसको जो पैसा दिया गया है, वह चुका देगा। और आप चुकाना नहीं चाहते,...
- ग्रैविटी पृथ्वी में है न - ग्रैविटी क्या करती है?...? ऊपर की चीज़ों को नीचे घसीटती है। घसीट लेती है। सेब का पेड़, सेब का फल न्यूटन ने देखा, जमीन पे ऊपर से ग...
- ग्लोब क्या है?...? ग्लोब एक रंगीन नक्शे का बना होता है, जो स्कूल में बच्चों की मेज पर रखा रहता है। शंकर भगवान का गोल-...
- गढ़ लेता है?...? अरे बाबा! सुनता है कि नहीं, गढ़ लेता है। हमने भगवान गढ़ा हुआ है। किसका गढ़ा हुआ है? अपने ध्यान की, ध...
- गढ़े मुरदे उखाड़ने से क्या काम बनता है?...? बच्चे उन्हें कहते हैं, जो आगे की बात सोचते हैं। हमारा ब्याह हो जाएगा तो हवाई जहाज में बैठेंगे, यहाँ-...
- घंटी कैसे बाँधी जाएगी?...? वह चूहे को खा जाएगी, उसे मार डालेगी।
वास्तविकता को समझें
मित्रो ! मैं ये निवेदन कर र...
- घंटी कैसे बाँधी जाएगी?...? वह चूहे को खा जाएगी, उसे मार डालेगी। वास्तविकता को समझें मित्रो! मैं ये निवेदन कर रहा था कि हमको वास...
- घंटों बातचीत करेंगे?...? नहीं ऐसा नहीं हो सकता। आपसे कोई काम-काज की बात भी होगी, तो दो मिनट में बात करने के बाद उसे आप भगा दे...
- घटिया आदमी के लिए मंत्र भी क्या करेगा?...? इसलिए व्यक्तित्व को परिष्कृत करना आवश्यक है। मंत्र की शक्ति देखने के लिए, भगवान की शक्ति देखने के लि...
- घटिया उद्देश्य लेकर के, निकृष्ट कामनाएँ और वासनाएँ लेकर के अगर भगवान की उपासना की जाए और देवताओं का द्वार खटखटाया जाए तो देवता सबसे पहले कर्मकाण्डों की विधि और विधानों को देखने की अपेक्षा यह मालूम करने की कोशिश करते हैं कि इसकी उपासना का उद्देश्य क्या है?...? किस काम के लिए करना चाहता है? अगर उन्हीं कामों के लिए जिसमें कि आदमी को अपनी मेहनत और परिश्रम के द्व...
- घटिया उद्देश्य लेकर के, निकृष्ट कामनाएँ और वासनाएँ लेकर के अगर भगवान की उपासना की जाए और देवताओं का द्वार खटखटाया जाए, तो देवता सबसे पहले कर्मकाण्डों की विधि और विधानों को देखने की अपेक्षा यह मालूम करने की कोशिश करते हैं कि उसकी उपासना का उद्देश्य क्या है?...? किस काम के लिए करना चाहता है? अगर उन्हीं कामों के लिए जिसमें कि आदमी को अपनी मेहनत और परिश्रम के द्व...
- घटिया ही कहना पड़ेगा, घटिया क्यों न कहें?...?...
- घटिया है या वजनदार?...? तो वे हमें छोटे-छोटे आदमी घटिया आदमी दिखाई पड़ते हैं। हमें वजनदार आदमी दिखाई नहीं पड़ते हैं। वजनदार ...
- घटिया है या वजनदार?...? तो वे हमें छोटे-छोटे आदमी घटिया आदमी दिखाई पड़ते हैं। हमें वजनदार आदमी दिखाई नहीं पड़ते हैं। वजनदार आद...
- घड़ी का उपयोग करने से अब कदाचित् ही कहीं एतराज किया जाता हो?...? समय हर किसी को बाधित करता है कि युग-धर्म पहचाना जाये और उसे अपनाने में आनाकानी न की जाये।...
- घड़ी हमारी है और हमारे कमरे में रखी है तो हो गई न हमारी सम्पत्ति?...? अगर इसको बेच दें तब? तब आपकी हो गई। क्यों साहब! आपसे घड़ी ले गए थे, वह खराब हो गई। हाँ बहुत पुरानी थ...
- घर और सामान की सुव्यवस्था को किस तरीके से रखा जाना चाहिए?...? - वगैरह, वगैरह, सांसारिक ज्ञान उन महिलाओं को कुटुम्ब के बीच में ही रह कर के मिलता है।...
- घर की व्यवस्था कैसे ठीक कर सकते हैं?...? कहने का मतलब यह कि अब वह मैच्योर हो गया है। पहले वह आठ आने की रबड़ी खाता था। अब वह एक चम्मच केवल चाय ...
- घर के कामों से ही फुरसत नहीं, फिर संगठन के लिए समय कौन निकालेंगी?...? जहाँ बिना संरक्षक के घर की देहरी पार करना जुर्म समझा जाता है वहाँ घर-घर जाकर संगठन का कार्य कैसे हो ...
- घर के भीतर जो रहते हैं, क्या वही बच्चे होते हैं?...? पड़ोस में कोई बच्चा नहीं होता? अन्य बच्चों से आपका कोई ताल्लुक नहीं होता।
मित्रो! समाज के लोगों ...
- घर के लोगों का स्वभाव अच्छा नहीं है, दूषित है, कलुषित है तो उस स्त्री को कहाँ रखा जाए या घरवालों को क्या कहा जाए?...? स्थिति को कैसे सुधारा जाए, यह सोचना गर्भवती का काम नहीं है, बल्कि उसके पिता का काम है। बच्चे का निर्...
- घर के लोगों की अप्रसन्नता का एक और कारण खड़ा करने का वे कैसे साहस कर सकेंगी?...? पहले से ही आये दिन डाँट-डपट के अनेक आधार खड़े रहते हैं, फिर एक और नया कारण उसमें क्यों जोड़ा जाय? ऐस...
- घर को गन्दी सराय न रहने देकर यदि हर्षोल्लास का केन्द्र बनाना है तो क्या करना और क्या सोचना होगा?...? दाम्पत्य जीवन की मधुरिमा किस प्रकार बनी और बढ़ती रह सकती है, इसके कुछ विशेष सिद्धान्त हैं। छोटे-से घ...
- घर क्यों लगता है?...? इसलिए लगता है कि व्यक्तिगत जीवन नहीं है, यह परोपकार वाला जीवन है। वह स्वार्थ है, यह परमार्थ है। जब प...
- घर क्यों लगता है?...? इसलिए लगता है कि व्यक्तिगत जीवन नहीं है, यह परोपकार वाला जीवन है। वह स्वार्थ है, यह परमार्थ है। जब प...
- घर परिवार के लोगों की इससे क्या सुविधा बढ़ी?...? पति को उससे क्या सहयोग मिला? बच्चे क्या अनुदान पा सके? देश की अर्थ व्यवस्था और प्रगति में पिछड़ी नार...
- घर परिवार के लोगों की इससे क्या सुविधा बढ़ी?...? पति को उससे क्या सहयोग मिला? बच्चे क्या अनुदान पा सके? देश की अर्थ-व्यवस्था और प्रगति में पिछड़ी नार...
- घर पहुँच जाने पर भी क्या कोई घर का रास्ता भूल सकता है?...? काम, क्रोध, लोभ, मोहादि विकार और इन्द्रिय वासनाएँ मनुष्य के आनन्द में बाधक बनकर उसे दुःखजाल में डाले...
- घर में अपनी माँ एवं पिता जी की आप क्या-क्या मदद कर सकते हैं?...?
५. आपके आदर्श महापुरुष कौन-कौन हैं एवं उनकी किन विशेषताओं /प्रेरणओं से आप प्रभावित हुए?
६. व्यवहार ...
- घर में इतना पैसा रखा हुआ है, इसका क्या करेंगे?...? सब लोग मौज करने लगे। खेती-बाड़ी बन्द कर दिया, काम धन्धा बन्द कर दिया। थोड़े दिनों बाद क्या हुआ? खेती...
- घर में कितने आदमी हैं?...? पाँच आदमी हैं। हम हैं, हमारी बीबी है, दो बच्चे हैं और एक हमारी माताजी हैं। पाँच आदमियों के लिए भी बी...
- घर में कौन रहते हैं, कौन नहीं रहते हैं, किसको किस चीज की जरूरत है, किसको किस चीज की आवश्यकता है?...? किसकी भावसम्वेदनाओं को ऊँचा उठाने में आपकी क्या जिम्मेदारी है? अगर इसका ख्याल आप नहीं करते तो आपका घर...
- घर में क्या हो रहा होगा?...? फायदा हो रहा होगा कि नुकसान हो रहा होगा, बेटी का ब्याह हो रहा होगा, बेटे का ब्याह हो रहा होगा, अमुक ...
- घर में छिपाकर रखने से, जौहर और आत्मघात करने से भी इज्जत बच सकी क्या?...? यदि उसे भी दुर्बुद्धि और मदान्धता से लड़ने के लिए प्रोत्साहित किया जाता तो उस स्थिति में उसकी सन्तान...
- घर में जैसे पहने जाते हैं उससे ड्यौढ़े-दूने दाम तक के कपड़े वर-वधू को दिये जा सकते हैं, पर नाटकों में नाचने वाले नटों जैसी पोशाकों पर पैसा लुटा देना किसलिए?...? सभी जानते हैं कि जेवरों में पूँजी रुकती है। आधा पैसा बनवाई, मिलावट और टाँके बट्टे में चला जाता है। र...
- घर में नारी होती तो यह विपत्ति क्यों आती?...? निरन्तर चोरी की आशंका से जो परेशानी रहती है और जल्दी लौटने की मजबूरी रहती है, उसे देखते हुए चौकीदार ...
- घर में बैठेगा?...? नहीं, तो फिर इन कौरवों से लड़? तेरे सारथी हम बनेंगे। कृष्ण ने जब यह आवाज उठाई, तो अर्जुन लड़ने के लि...
- घर से बाहर मैं कैसे शक्ल दिखा सकता हूँ?...? बेटा! जनसम्पर्क के लिए जाओगे क्या? नहीं गुरुजी! हम नहीं जाएँगे। लोक-कल्याण का काम करोगे क्या? नहीं। ...
- घर-घर अलख जगाते थे, अलख क्या?...? अलख ऐसे कहते थे, घर-घर दरवाजे पर खड़े होते थे और गीत गाते थे, एक आदमी हो तो एक, नहीं तो दो हों तो दो...
- घर-घर आप जाएँगे, किसके लिए जाएँगे?...? भीख माँगने के लिए? नहीं साहब! भीख तो नहीं, ऐसे ही जाएँगे। आप घर-घर एक उद्देश्य के लिए जाइए, गाँव-गाँ...
- घर-घर जाना चाहिए, किसके लिए?...? जन सम्पर्क के लिए, जन सम्पर्क किसके लिए? धर्म धारणा जागृत करने के लिए, विचार क्रान्ति के लिए, जन मान...
- घर-घर धकेल गाड़ी लेकर जाते थे तथा लोगों से कहते थे कि आप खादी पहनिये तो क्या वे खादी बेचते थे?...? हाँ बेटे, खादी बेचते थे।आप अपने आप को निचोड़िये। ये हमारा बेटा, यह हमारी पत्नी। देखना यही तुझे ऐसा ...
- घर-घर धकेल गाड़ी लेकर जाते थे तथा लोगों से कहते थे कि आप खादी पहनिये तो क्या वे खादी बेचते थे?...? हाँ बेटे, खादी बेचते थे।आप अपने आप को निचोड़िये। ये हमारा बेटा, यह हमारी पत्नी। देखना यही तुझे ऐसा मा...
- घर-घर में जाना निमंत्रण देने के लिए और कहना कि मथुरा वाले गुरुजी को आप जानते हैं क्या?...? गुरुजी को, हाँ जानते हैं, तो उन्होंने एक बात कह करके भेजी है, आपके लिए कुछ खास सन्देश भेजा है, आप...
- घर-परिवार के लोगों को इससे क्या सुविधा बढ़ी?...? पति को उससे क्या सहयोग मिला? बच्चे क्या सुरक्षा पा सके? देश की अर्थव्यवस्था और सामाजिक प्रगति में पि...
- घरवाले क्या कहेंगे?...? आदि नाना विचार मेरे मन में आ रहे थे। गुरुजी समझ गये। गुरुजी ने बच्चे को गोद में ले लिया, और बोले, ‘‘...
- घरों में सुसंस्कारिता कैसे पनपे, फले फूले?...?
--पं. श्रीराम शर्मा आचार्यपरिवार में सुसंस्कारिता का प्रशिक्षण कराना अनिवार्य रूप से आवश्यक है। ...
- घरों में स्वर्गीय वातावरण कैसे बनाने चाहिए?...? इसके लिए हम सौ क्वार्टरों की, सौ फैमिली की एक प्रयोगशाला बना रहे हैं। आप भी अपने घरों में लार्जर फैम...
- घाट पर ले जाता है और क्या करता है?...? उसे पत्थर पर पछाड़-पछाड़ कर दे मारता है और धो-धो करके उसका सारा का सारा मैल निकाल देता है। हमने तो ध...
- घाट पर ले जाता है और क्या करता है?...? उसे पत्थर पर पछाड़-पछाड़कर दे मारता है और धो-धो करके उसका सारा का सारा मैल निकाल देता है। हमने तो धोबी...
- घास का दूध ढाई रुपये आ सकता है तो अंगूर का दूध क्या भाव पड़ेगा?...? बेटा 250 रुपये किलो पड़ेगा। 250 रुपये का दूध पीते थे गाँधी जी। हाँ बेटे! क्यों? क्योंकि वह बहुत मालदा...
- घास का दूध ढाई रुपये में हम खरीदते हैं और अंगूर का दूध कितना पड़ेगा जरा बताना?...? घास में और अंगूर में कितना फर्क है? घास क्या भाव आती है और अंगूर क्या भाव? घास का दूध ढाई रुपये आ सक...
- घास क्या भाव आती है और अंगूर क्या भाव?...? घास का दूध ढाई रुपये आ सकता है तो अंगूर का दूध क्या भाव पड़ेगा? बेटा 250 रुपये किलो पड़ेगा। 250 रुपये ...
- घास चरके हजम कर लेती है, इसलिए तू क्या करेगा?...? ब्रह्मचर्य का उद्देश्य केवल वीर्य की रक्षा ही नहीं है। ब्रह्मचर्य का आगे जा करके जो अर्थ होता है, वह...
- घास छील रहा था कि ऐसे ही बैठा था?...? हाँ साहब! बच्चों की याद आ रही थी। हमारी खेती-बारी सूख रही होगी। हमारी बीबी बीमार तो नहीं है? हमारे ब...
- घास पैदा होगी कि नहीं?...? घास पैदा नहीं हो सकती। सारी-की जो अध्यात्म की प्रक्रिया है, वह पात्रता का सम्वर्द्धन, आत्म-परिष्कार, ...
- घास में और अंगूर में कितना फर्क है?...? घास क्या भाव आती है और अंगूर क्या भाव? घास का दूध ढाई रुपये आ सकता है तो अंगूर का दूध क्या भाव पड़ेगा...
- घास-चारा कहाँ से आये?...? सो वे कलेक्ट्रेट के लॉन के माली से कह देते थे कि भाई साहब! आपकी जगह घास के ऊपर से मशीन हम घुमा दें...
- घिसाई करता है, नाक नहीं काटता?...? नहीं, काटता नहीं हूँ, थोड़ी-सी ठीक कर देता हूँ। हनुमान जी की नाक घिसता है? हाँ हनुमान जी की नाक को घि...
- घिसाई न करें तब?...? तब नोक पैनी नहीं हो सकती। चमक आ जाएगी? चमक भी नहीं आ सकती। किसके ऊपर? जो हथियार जो औजार हमारे पास है...
- घी कभी आपने छटाँक भर खा लिया, कभी पाव भर खा लिया, कभी आधा किलो खा लिया, कभी एक बूँद पी लिया, ऐसे कहीं बात बनती है क्या?...? दवा की एक सीमा है, एक मर्यादा है। उसकी खुराक होती है। च्यवनप्राश अवलेह आया तो एक छटाँक खाएँगे, तीन छ...
- घी कभी आपने छटाँक भर खा लिया, कभी पाव भर खा लिया, कभी आधा किलो खा लिया, कभी एक बूँद पी लिया, ऐसे कोई बात बनती है क्या?...? दवा है, दवा की एक सीमा है, दवा की मर्यादा की खुराक होती है। च्यवनप्राश मिलेगा तो एक छटाँक खायेंगे, क...
- घी कहाँ गया?...? जल गया? नहीं। फिर क्या हुआ? वह हवा में फैल गया। हमने घी को जलाया नहीं है, वरन् हमने उसे हवा में फैला...
- घी कहाँ चला गया?...? चाहे राई-रत्ती के बराबर ही क्यों न हो, वह चहुँओर फैल गया। उसे कीड़ों-मकोड़ों ने खाया, जानवरों ने खाया।...
- घी का हवन करने पर क्या हुआ?...? फैल गया। घी कहाँ चला गया? चाहे राई-रत्ती के बराबर ही क्यों न हो, वह चहुँओर फैल गया। उसे कीड़ों-मकोड़ों...
- घी लेने ऐसे ही चला गया था?...? हाँ साहब! ऐसे ही चला गया था। नहीं बेटे! ऐसे मत जाना घी लेने के लिए। अगर आपको लेना हो तो एक चीज क...
- घुटन के बीच भला कोई कितने समय जीवित रह पाएगा?...? लगता तो यही है कि व्यक्ति, समाज और संसार के सामने अगणित समस्याएँ मुँह बाए खड़ी हैं और सर्वग्राही चुन...
- घुटनों में भी थोड़ी-सी जकड़न रहती है, पर आपको तो कोई रोग नहीं है, फिर ऐसा क्यों कहते हैं?...? मत कहिए। मुझे जाने दीजिए न। यह तीन साल पहले की बात बता रही हूँ, उनकी अपनी इच्छानुसार ही, जो कुछ हुआ,...
- घुड़दौड़ में अच्छे घोड़ा वाला भी यदि अस्त-व्यस्त गति का हो, तो उसके हाथ पराजय के अतिरिक्त और क्या लगने वाला है?...? नारद का परामर्श मानने में जिन्होंने आना-कानी नहीं की वे ध्रुव, प्रहलाद, उमा, सावित्री की तरह अजर-अमर...
- घुमक्कड़ी से क्या फायदा?...? यह तो केवल मनोरंजन है। यह मान लीजिए कि कलकत्ता, बम्बई नहीं गए, बद्रीनाथ हो जाए। इसमें बिल्कुल भी फर्...
- घुला देना किसे कहते हैं?...? घुला देना यह है कि आदमी अपनी हस्ती को भगवान के सुपुर्द कर देता है। सुपुर्द कर देने का मतलब वह नहीं ह...
- घुला देना किसे कहते हैं?...? घुला देना यह है कि आदमी अपनी हस्ती को भगवान के सुपुर्द कर देता है। सुपुर्द कर देने का मतलब वह नहीं ह...
- घुला देने का तरीका क्या है?...? योग है। योग किसे कहते हैं? बेटे! घुला देने को योग कहते हैं। घुला देना किसे कहते हैं? घुला देना यह है...
- घुला देने का तरीका क्या है?...? योग है। योग किसे कहते हैं बेटे! घुला देने को योग कहते हैं। घुला देना किसे कहते हैं? घुला देना यह है ...
- घूमना अच्छी बात है, पर्यटन करना अच्छी बात है, पर पर्यटन करने और घूमने से भगवान का और मुक्ति का क्या ताल्लुक हो सकता है?...? आप यह विचार दिमाग से निकाल दीजिए। नहीं साहब! हम तो वैकुंठ देखने जाएँगे और चारों धाम की यात्रा करने क...
- घूमना अच्छी बात है, पर्यटन करना अच्छी बात है, पर पर्यटन करने और घूमने से भगवान का और मुक्ति का क्या ताल्लुक हो सकता है?...? आप यह विचार दिमाग से निकाल दीजिए। नहीं साहब! हम तो बैकुंठ देखने जाएँगे और चारों धाम की यात्रा करने क...
- घूमने से कितने ज्ञान प्राप्त होते हैं, यह आप जानते हैं?...? सवेरे भी मैंने प्रतिज्ञा कराई थी—"चरैवेति .........चरैवेति।" चलिए-चलिए। जो आदमी पड़ा रहता है, उसका भ...
- घूमने से क्या हो सकता है?...? घूमने से कुछ नहीं होता। हमने कबूल कर लिया।" किसका हज कबूल का लिया? जमीला का।...
- घोड़ा कहें तो घोड़ा ला दूँ, हाथी कहें तो हाथी ला दूँ?...? घोड़े-हाथी पर तो वे कतई नहीं बैठती। वे तो हँस पर ही बैठती हैं। हँस से क्या मतलब है? हँस से मतलब है व...
- घोड़े से बड़ा पुरुषार्थ?...? ज्ञानी से बड़ा पुरुषार्थ? एक से एक बड़े पुरुषार्थी पड़े हुए हैं प्राणी, लेकिन आदमी की जो उन्नति हुई ...
- घोषा, लोपामुद्रा आदि कहाँ तक गिनाएँ?...? ढेर सारी कन्याएँ एक-से-एक बढ़िया और संस्कारी हुई हैं। उन्हें उनके माता-पिता ने संस्कार दिए थे। नहीं ...
- घोड़ा कहें तो घोड़ा ला दूँ हाथी कहें तो हाथी ला दूँ?...? घोड़े-हाथी पर तो वे कतई नहीं बैठतीं। वे तो हँस पर ही बैठती हैं। हँस से क्या मतलब है? हँस से मतलब है व...
- घोड़े का पेट कितना बड़ा है?...? परन्तु आदमी का पेट कितना छोटा है। जरा सा है। उसके लिए थोड़ा-सा चार मुट्ठी अनाज काफी होना चाहिए। ले...
- घोड़े के बराबर, हाथी के बराबर?...? नहीं वे बहुत छोटे होते है। ये छोटे-छोटे जर्म्स हमको इतना हैरान कर सकते हैं कि टी.बी. पैदा कर सकते ...
- घोड़े को कितना बाल्टी में नहलाएँगे?...? घोड़े को तो बेटे! दस बाल्टी में नहलाएँगे। तो भगवान जी को दस बाल्टी से नहला। ये क्या कर रहा था? स्नानं...
- घोड़े से उतर कर उसने सिपाहियों से कहा लो हम भी हाथ लगायें आओ तो सभी एक साथ उगायें?...? और इस बार लट्ठा उठ गया। घोड़े पर चढ़ते हुए युवक ने अफसर से कहा-आज्ञा देना ही काफी नहीं खुद करके भी दिख...
- घड़ी का मतलब समझती है?...? घड़ी से मतलब है—समय की पाबन्दियाँ। हमारे पास एक धूप घड़ी थी। मुद्दतों काम किया हमने। हिमालय पर मैंने ए...
- घड़ी हमारी है और हमारे कमरे में रखी है तो हो गई न हमारी सम्पत्ति?...? अगर इसको बेच दें तब? तब आपकी हो गई। क्यों साहब! आपसे घड़ी ले गए थे, वह खराब हो गई। हों बहुत पुरानी थी...
- घड़े में खून इकट्ठा करने पर बच्चा निकलता है?...? हमें नहीं मालूम है और हमको इस पर बात नहीं करनी। अगर आप शंका-समाधान चाहेंगे, तो हम नाराज होंगे। गुरुज...
- चंगेज खाँ और नादिरशाह का नाम मालूम है ना?...? हाँ, हमको मालूम है, जिन्होंने दुनिया में जाकर अपनी ख्वाहिशें और तृष्णाएँ पूरी करने के लिए कितनी ...
- चंडी के मंत्र के उद्धार हो जाएगा या हनुमान जी के मंत्र से उद्धार होगा?...? बेटे, इसमें बस इतना फर्क है जितना कि सर्फ और सनलाइट में फर्क होता है और कोई खास बात नहीं है। हनुमान ...
- चंडी के मंत्र से उद्धार हो जाएगा या हनुमान जी के मंत्र से उद्धार होगा?...? बेटे, इसमें बस इतना फर्क है जितना कि सर्फ और सनलाइट में फर्क होता है और कोई खास बात नहीं है। हनुमान ...
- चंडी के मंत्र से उद्धार हो जाएगा या हनुमान जी के मंत्र से उद्धार होगा?...? बेटे, इसमें बस इतना फर्क है जितना कि सर्फ और सनलाइट में फर्क होता है और कोई खास बात नहीं है। हनुमान ...
- चन्दन का क्या अर्थ होता है और फूल का क्या अर्थ होता है?...? इसको आपको जानना चाहिए। दीपक का अर्थ है—ज्ञान। आपकी जो समझ है, जो बुद्धि है। जैसे हमारे मस्तिष्क में...
- चन्दन का वृक्ष झुक करके अपनी समीपवर्ती झाड़ियों को खुशबूदार बना सकता है, तो आप भी चन्दन के पेड़ के तरीके से अगर विकसित होंगे, श्रेष्ठ गुणों से युक्त होंगे, तो अपने कुटुम्बियों को, अपने खानदान वालों को और अपने बीबी-बच्चों को उसी ढाँचे में, ढालने में समर्थ क्यों नहीं हो सकेंगे?...? गुरुजी! आप तो अध्यात्म की बात कह रहे थे, तो मैं आप से क्या कहूँ? अध्यात्म का प्रयोग करने के हजारों त...
- चन्दन के आस-पास बिच्छू भी लिपटे रहते हैं, साँप भी लिपटे रहते हैं और डंक मारते रहते हैं, पर चन्दन क्या कभी साँप के जहर से जहरीला हो गया?...? क्या बिच्छू के जहर का असर उस पर आया? नहीं! आदमी भी चन्दन के तरीके से अपने गुणों को बढ़ा सकता है और यह...
- चन्दन के आस-पास साँप, बिच्छू के जहर का उस पर असर आया?...? नहीं आया। वह आदमी जा चन्दन क तरीके से अपने जीवन को बना लेता है या बना सकता है, उसी को यह हक है कि हमन...
- चन्दन के आस-पास साँप, बिच्छू के जहर का उस पर असर आया?...? नहीं आया। वह आदमी जो चन्दन के तरीके से अपने जीवन को बना लेता है या बना सकता है—उसी को यह हक है कि हमन...
- चन्दन चढ़ाने से, अक्षत चढ़ाने से, चीज खिलाने से, उसकी प्रशंसा करने से क्या वह प्रसन्न हो जाएगा?...? बेटे! ये चीजें बच्चों को शोभा देती हैं। नहीं साहब! हम आपकी प्रशंसा करेंगे। प्रशंसा वाली बात से मुझे ...
- चन्दन चढ़ाने से, अक्षत चढ़ाने से, चीज खिलाने से, उसकी प्रशंसा करने से क्या वह प्रसन्न हो जाएगा?...? बेटे! ये चीजें बच्चों को शोभा देती हैं। नहीं साहब! हम आपकी प्रशंसा करेंगे। प्रशंसा वाली बात से मुझे ...
- चन्दन से मेरा काम नहीं चलेगा तो भगवान का काम कैसे चलेगा?...? इसलिए मित्रो! जो हमारी संपदाएँ हैं, उनके बारे में हमें ईमानदार होना चाहिए और नेक होना चाहिए। हमको कु...
- चंदा जाने कहाँ से आने लगा?...? उनको पता ही नहीं लगा, कानों-कान खबर नहीं हुई। निष्ठा और श्रद्धा की शक्ति मित्रो! मनुष्य की निष्ठाए...
- चंद्रगुप्त कौन था?...? बेटे! वह एक नाइन का बेटा था। नाई कौन होता है? हजामत बनाने वाला। चाणक्य ने उससे कहा कि हम आपको राजा ब...
- चंद्रमा कैसे टाँगा जा सकता है?...? वह तो बेटा! फुटबॉल के तरीके से गोल-मटोल है। चंद्रमा को सिर पर टाँगना हो तो उसके दो ही तरीके हो सकते ...
- चंद्रमा में चमक है?...? चंद्रमा में कोई चमक नहीं है। वह मिट्टी का लोंदा है। जैसे हमारी जमीन मिट्टी की बनी है, वैसे ही चंद्रम...
- चंबल जहाँ डाकुओं के रहने की जगह थी, देखना थोड़े दिनों बाद क्या हो जाता है?...? बेटे, वहाँ बगीचे लहलहाते हुए दिखाई पड़ेंगे, कितनी फसलें उगती हुई दिखाई पड़ेगी। धान पैदा होता हुआ दिखाई...
- चक्की देवता नहीं है, तो फिर और कौन देवता है?...? जो हमारे काम आया। जिसने बिना मूल्य के, बिना पारिश्रमिक लिए, बिना परिश्रम कराये अपना क्रम जारी रख...
- चक्की न हो, तो हम कहाँ से पेट भरेंगे?...? देवता चक्की नहीं, तो कौन है? जिसने बिना पारिश्रमिक माँगे अपना श्रम जारी रखा। हम उसकी पूजा न करें, ...
- चक्की पीसती है ना?...? नहीं साहब! मेरी बेटी चक्की नहीं पीसती। बड़ी भाग्यवान है। भाग्यवान है, तो जा अस्पताल। आपरेशन कराना प...
- चक्रवर्ती बनाना चाहते हैं आप, परन्तु हमें कैसे बना सकते हैं?...? हम तो गद्दी पर ही नहीं बैठ सकते। हम तो अछूत हैं। अछूत नहीं था वह। क्या था? वह था चन्द्रगुप्त मौर्य। ...
- चक्रवात किसे कहते हैं?...? बेटे! गरमी के दिनों में गाँवों में धूल का अन्धड़ आता है और गोल-गोल घूमता हुआ ऊपर को चला जाता है। अँगर...
- चक्रवात किसे कहते हैं?...? बेटे! गरमी के दिनों में गाँवों में धूल का अन्धड़ आता है और गोल-गोल घूमता हुआ ऊपर को चला जाता है। अँगरे...
- चक्रवेधन के लिए क्या- क्या किया?...? चलिए अभी बता देते हैं। तो गुरु जी! हमारा भी चक्रवेधन हो जाएगा? नहीं, आपका नहीं हो सकता। तो फिर आप वि...
- चक्रवेधन के लिए क्या-क्या किया?...? चलिए अभी बता देते हैं। तो गुरु जी ! हमारा भी चक्रवेधन हो जाएगा? नहीं, आपका नहीं हो सकता। तो फिर आप व...
- चटनी तो और नहीं चाहिए?...? नींबू का अचार लाऊँ क्या? पापड़ तो नहीं चाहिए? इस तरह बहुत तबियत के साथ पूछते रहते हैं और नौकर से ...
- चटोरपन की आदत छोड़ी जा रही है न?...? सप्ताह में एक समय उपवास, जल्दी सोना, जल्दी उठना, आवश्यक ब्रह्मचर्य का नियम पालते हैं या नहीं?(९) ईश्...
- चट्टान में सूराख हो जाएगा?...? नहीं बेटे! नहीं होगा। लोहे की नोक मुड़ जाएगी, मारी जाएगी। मशीन भी बेकार हो जाएगी और नोक भी बेकार हो ...
- चण्डी का पाठ हो रहा है?...? दुर्गा का पाठ हो रहा है—दुर्गा का पाठ। मित्रो! पण्डितों की इस वक्त पाँचों उँगलियाँ घी में होंगी। देव...
- चतुर आदमी दुनिया में कम हैं क्या?...? क्रियाकुशलों की कमी है क्या? पर वे सब स्वयं के लिए हैं। दूसरों के लिए वे क्या साबित हुए, आप बताइए न...
- चना-गुड़ चबाने की और खटाई न खाने की कीमत के ऊपर सन्तोषी माता को प्रसन्न करने की हमने इच्छा की और सन्तोषी माता बेचारी क्या दे सकती हैं?...? कितना दे सकती हैं? उतना ही देंगी, जितना कि आपने चना-गुड़ से बचत की थी। रोटी खाने में चवन्नी खर्च होती...
- चन्द आदमियों को ही कुटुम्ब क्यों माने?...? इस तरीके से ये संकीर्णता की भावना को मोह कहते हैं और ये काम, क्रोध, लोभ और मोह मानसिक विकार हैं और य...
- चन्दन एवं प्रसाद का क्या महत्त्व है?...? ८. सिद्ध कीजिये कि पूजा उपासना का प्रयोजन भावनात्मक परिष्कार है। ९. किस आधार पर मनुष्य देव शक्तियों ...
- चन्दन क्या सिखाता है?...? हमने कितनी बार सिखा दिया आपको। फूल क्या सिखाता है? हमने कितनी बार सिखा दिया आपको। दीपक क्या सिखाता ह...
- चन्दन में क्या रखा है और रुद्राक्ष में क्या रखा है?...? बेटा, तू समझता ही नहीं, अभी साधना के लिए पकड़ना पड़ेगा चेतना का स्तर, जहाँ शक्तियाँ निवास करती हैं, उस...
- चन्द्रगुप्त अकेला था?...? नहीं, अकेला नहीं था। चाणक्य ने कुछ पक्षपात किया था। नहीं, चाणक्य बिचारा क्या पक्षपात कर सकता था। उन्...
- चन्द्रगुप्त मौर्य को चक्रवर्ती कैसे बना दिया?...? कहाँ पढ़ा था वह? क्या-क्या किया था उसने? पैसा कहाँ से लाया था? बेटे, हम नहीं जानते कहाँ से लाया था। ल...
- चन्द्रमा आपके नजदीक है क्या?...? हजारों मील दूर है। समुद्र आपके नजदीक है क्या? समुद्र जाने कितनी दूर है आपसे, फिर भी वह बराबर आपका ...
- चन्द्रमा का क्या हो सकता है?...? चन्द्रमा का यह हो सकता है कि जिस तरह से बृहस्पति ग्रह के इर्द-गिर्द एक ग्रह का चूरा घूमता रहता है। य...
- चन्द्रमा के तरीके से चाँदनी बिखेरने के लिए कौन तैयार होता है?...? कोई नहीं तैयार होता है। आज के जमाने में आदमी से हम यह आशा नहीं कर सकते कि वह लोक मंगल के कामों के लि...
- चन्द्रमा के बारे में आपका क्या ख्याल है?...? चन्द्रमा क्या है? क्या चन्द्रमा कोई पत्ती का बना है? नहीं गुरुजी। पत्ती का तो नहीं बना है। गोल- मट...
- चन्द्रमा कौन-सा वाला?...? वो, जिसके ऊपर रशिया वालों के साथ राकेश शर्मा गया था, वो चन्द्रमा? वो चन्द्रमा बहुत बड़ा है और वो पृथ्...
- चन्द्रमा क्या है?...? क्या चन्द्रमा कोई पत्ती का बना है? नहीं गुरुजी। पत्ती का तो नहीं बना है। गोल- मटोल बना है, जैसे ...
- चपरासी के लिए मारा- मारा फिरना पड़े, तब?...? भगवान् की एक कृपा का कण यदि हमारे विरुद्ध हो जाये, तो हमारा सब कुछ चौपट हो जायेगा। कैसे मिले भगवान...
- चमक आ जाएगी?...? चमक भी नहीं आ सकती। किसके ऊपर? जो हथियार जो औजार हमारे पास हैं, उन पर चमक पैदा करने के लिए और धार ते...
- चमक का फरक नहीं है?...? बेटे! बिलकुल फरक नहीं है, रत्ती भर का फरक नहीं है, तो क्या फरक है? क्वालिटी का फरक है। यही बात इनसान...
- चमक किसे कहते हैं?...? प्रकाश किसे कहते हैं? प्रकाश इसे कहते हैं, जो मैं आपसे निवेदन कर रहा था, जिससे कि मेरी आँखें खुल गईं...
- चमक किसे कहते हैं?...? प्रकाश किसे कहते है? प्रकाश इसे कहते हैं, जो में आपसे निवेदन कर रहा था, जिससे कि मेरी आँखें खुल गई। ...
- चमक पैदा करना भी कुछ काम है क्या?...? उसमें अपने सिवाय अहंकार की पूर्ति के दूसरा कुछ है ही नहीं। हम बड़े आदमी हैं, बड़े आदमी हैं। अरे, आप क्...
- चमक से क्या मतलब है?...? चमक से कोई मतलब नहीं है। अध्यात्म का चमक से कोई ताल्लुक नहीं है। चमक दिखाई पड़ती है, तो मुबारक, नही...
- चमकदार कैसे बना सकते हैं?...? अभी आप जब 1200 रुपये महीने पाते हैं, तो अपनी लड़की को खुशहाल बनाने के लिए ऐसे कपड़ा बनाना चाहते हैं,...
- चमचे तो उनके होते हैं, किनके?...? वेश्याओं के, नेताओं के और राजाओं के, जो कहते हैं कि अरे साहब! आपकी सात पीढ़ियों ने बड़े-बड़े शेर मार...
- चमचे तो उनके होते हैं, किनके?...? वेश्याओं, नेताओं और राजाओं के, जो कहते हैं कि अरे साहब! आपकी सात पीढ़ियों ने बड़े-बड़े शेर मारे हैं। ...
- चमड़ी के स्नान से कुछ काम बन सकता है?...? नहीं। वास्तव में स्नान उनको कराना चाहिए, जो गंदे हैं। शरीर तो गन्दा है ही, यह शुरू से आखीर तक गन्दा है...
- चमड़े को क्यों देखता है?...? शरीर का मूल्यांकन आध्यात्मिक आधार पर
मित्रो! यह जो हमारा शरीर है, इसका बाहरी चमड़ा अष्टावक्...
- चमत्कार की बात मैं क्या कहूँ?...? आपको तो पैसों का चमत्कार चाहिए न? इसलिए मैं पैसे की बात कह रहा हूँ। अभी मैं इमारतों की बात बता रहा थ...
- चमत्कार क्या है?...? उसके माध्यम से अभी जो उदाहरण दे चुका हूँ, वह लाभ हो सकते हैं। वही वास्तविक लाभ हैं। हमारा सारा जीवन-...
- चमत्कार दिखाने और निहाल बनाने की जादूगरी का अध्यात्म से कोई सम्बन्ध है या नहीं?...? इसका निर्णय हर विज्ञ जन को अपने विवेक से करना चाहिए। किन्तु इस तथ्य को निश्चित रूप से गिरह बाँध लेना...
- चमत्कार में कोई कमी आ गई?...? नहीं आई। मनुष्य के गौरव-गरिमा में कोई कमी आ गई? नहीं, कोई कमी नहीं आई। उन्होंने वह आधार हटा दिया तो ...
- चमत्कार में कोई कमी आ गई?...? नहीं आई। मनुष्य के गौरव-गरिमा में कोई कमी आ गई? नहीं, कोई कमी नहीं आई। उन्होंने वह आधार हटा दिया तो ...
- चम्बल जहाँ डाकुओं के रहने की जगह थी, देखना थोड़े दिनों बाद क्या हो जाता है?...? बेटे, वहाँ बगीचे लहलहाते हुए दिखाई पड़ेंगे, कितनी फसलें उगती हुई दिखाई पड़ेंगी। धान पैदा होता हुआ दिखा...
- चमड़ी को उघाड़ और फिर देख, इसके भीतर क्या भरा हुआ है?...? बेटे, पाखाने के अलावा, पेशाब के अलावा, थूक के अलावा, हड्डियों के अलावा, माँस के अलावा क्या है इसमे...
- चमड़ी के स्नान से कुछ काम बन सकता है?...? नहीं। वास्तव में स्नान उनको कराना चाहिए जो गंदे हैं। शरीर तो गन्दा है ही, यह शुरू से आखिर तक गन्दा है।...
- चमड़े की जीभ क्या बोलती थी?...? गायत्री मंत्र बोलती थी, ‘ॐ नमः शिवाय’ बोलती थी, राम-राम बोलती थी। अभी तक जो उपासना धूपबत्ती के माध्य...
- चर जाना कैसे?...? गाय होती है, घास को चर जाती है न? हाँ। घास चरके हजम कर लेती है, इसलिए तू क्या करेगा? ब्रह्मचर्य का उ...
- चरक ऋषि को आप जानते हैं क्या?...? चरक ऋषि प्राचीन काल में हुए हैं। उन्होंने दवाओं, प्राकृतिक औषधियों के सम्बन्ध में शोधें की थीं, खोजें ...
- चरक का जीवन पढ़ा है न?...? चरक ने सारी जिन्दगी जड़ी-बूटियों की खोज की और सुश्रुत ने शल्य-क्रिया का आविष्कार किया। नागार्जुन ने क...
- चरणों में बैठा देंगे?...? हाँ चरणों में बैठा दूँगा। चरणों में बैठता रहा है भगवान। सुदामा के पैर धोकर भगवान ने पिए थे और राजा ब...
- चरने से क्या मतलब है?...? चरने से मतलब है- जैसे गाय होती है, बकरी होती है और घास को चर जाती है। इसी तरह ब्रह्म को चर जाओ। मह...
- चरस तो नहीं खा ली?...? नहीं, साहब, वंश परम्परा से हमारे वे ही गुरु हैं। ये बेटे, अन्धश्रद्धा है। अन्धश्रद्धा के पीछे विवेक ...
- चरित्र किसे कहते हैं?...? आपको राजनीति मैं बता दूँगा। धर्मनीति मैं बता दूँगा। जिस क्षेत्र में भी आप जानना चाहें, मैं प्रत्ये...
- चरित्र किसे कहते हैं?...? चरित्र कहते हैं—कपड़े को रँगने से पहले धोने की जरूरत पड़ती है। धोएँगे नहीं अगर तो उस पर रंग नहीं चढ़ेगा...
- चरित्र से क्या मतलब है?...? ब्राह्मणत्व। मित्रो! में वहीं आ गया जहाँ से बात शुरू की थी। ब्राह्मणत्व का अर्थ है—चरित्र। चरित्रव...
- चर्चा समझदारी की है, प्रगति की बात सोचने के साथ-साथ यह भी देखना होता है कि कहीं भूल तो नहीं हो रही है?...? किसी छेद में से पानी तो नहीं रिस रहा है। ऐसे लोग भूल सुधारने के लिए तत्पर रहते हैं। जो होता रहा है व...
- चर्बी कहाँ से आती है सूअर में?...? साहब, उसको मक्खन खाने को दिया जाता है। सूअर को कौन मक्खन खाने को देगा? सूअर को मक्खन खाते देखा है। क...
- चर्बी कहाँ से आती है?...? अरे बेटा भीतर से पैदा होती है? नहीं साहब कोई बाहर चला जाता है। चुपचाप। जब सोये रहते हैं कोई आता है औ...
- चल तेरा मान होता है तो रख लेती हूँ, वितरित कर देती हूँ लेकिन हमको बहुत आवश्यकता है किसकी?...? एक-एक लड़के की आवश्यकता है। जिस समय लड़ाई छिड़ती है उस समय क्या होता है? फौज की आवश्यकता होती है। एक...
- चल तो अच्छा रहा, बैठ जा और बता तेरे घर में सब कैसे हैं?...? अच्छा अच्छा तो तेरी छोटी मामी ने क्या खिलाया? छोटी मामी ने साहब, अच्छा खिला दिया। ठीक है। उसने सोचा—...
- चल ये रहा है कि आप लोकमंगल के लिए, और जन-साधारण (को) की सेवा कैसे करेंगे?...? आपने जो समाज से ॠण लिया है, उसको चुकाएँगे कैसे? आप लोगों को ऊँचा उठाने के लिए करेंगे क्या? ये भी तो ...
- चल, बड़ी आई ब्याह करने वाली, हम क्या ब्याह करेंगे?...? फिर आएगी तो वैसा ही होगा। नहीं, महाराज जी! हम तो आप से ही ब्याह करेंगे। पार्वती जी ने तप करना शुरू क...
- चल, बड़ा आया दर्शन करने?...? यों क्यों नहीं कहता कि देखने आया हूँ। तो तैने हमको देखा नहीं? हमारा फोटो छपा हुआ है, उसमें देख ले। अ...
- चलते हुए हम कहाँ पहुँचे, आप देखते हैं न?...? आपके लिये भी यही रास्ता है। आपको समय की माँग है। समय की माँग आपके सामने भी है और वह समय की माँग इस त...
- चलना कहाँ है?...? यदि आपकी मंशा में यही उद्देश्य निहित है तो हम आपकी पूजा की बराबर प्रशंसा करेंगे और बराबर सराहना करें...
- चला गया, फिर कौन आ गया?...? फिर लाल झण्डे वाला आ गया। कहिये साहब! नमस्कार साहब! नमस्कार साहब! नमस्कार साहब! कहिये साहब! किसको वो...
- चला जाऊँगा क्या?...? मैं यही सोचता रहा। फिर एक दिन मेरे भीतर कुछ प्रकाश आया और उसने कहा कि डरने की कोई जरूरत नहीं है। भ्र...
- चलिए अब मैं यह कहूँगा कि अध्यात्म को आप खुराक नहीं दे रहे हैं, तो अक्षर क्या कर सकते हैं?...? नहीं साहब! राम के नाम का महत्त्व है। राम के नाम का दो कौड़ी का महत्त्व है। नहीं साहब! आप ऐसे कैसे कह ...
- चलिए आप इसी के द्वारा अपना शारीरिक स्वास्थ्य मजबूत बनाना चाहते हैं न?...? आप मन में शान्ति चाहते हैं न? आपके साथ जो रहते हैं, उनसे आत्मीयता, प्रेम चाहते हैं न? आप जो पैसा कमा...
- चलिए पुराने जमाने के लोगों के कुछ थोड़े से उदाहरण मैं आपके सामने पेश करना चाहता हूँ, जिससे आपके भीतर का यह वहम खत्म हो जाय कि क्या अध्यात्म सांसारिक जीवन को सुखी बनाने का माद्दा रखता है?...? आपका यह भ्रम मैं दूर करना चाहता हूँ। आज आपका वहम यह है कि ऐसी कोई बात नहीं है। आमतौर से जब आप यह कहत...
- चलिए भगवान से मिलने का समय हो गया है, भगवान कहाँ हैं?...? तुम्हें दिखाई नहीं देता, तुम अभागे हो, अभागे हो, हम भाग्यशाली हैं। हमें हर समय दिखाई देता है, मेरे प...
- चलिए मैं यह पूछता हूँ कि आपने किसी और की किताबें पढ़ी हैं कि नहीं?...? हाँ साहब! हजारों किताबें पढ़ी हैं। तो आपको किसी के साथ मुहब्बत है? नहीं साहब! किसी के साथ नहीं है। अ...
- चलिए हम आपको दूसरा फायदा करा दें और भगवान से आपको अभी मिला दें तो कोई हर्ज हैं आपको?...? साहब! वो तो और भी अच्छा है, आप वहीं क्यों नहीं करते?मित्रो! आप नकद धर्म को ग्रहण कीजिए और उसकी कीमत ...
- चलिए हम आपको भक्तों का इतिहास बताते हैं?...? विवेकानन्द का इतिहास देखिए। दो घण्टे ध्यान करते और सारी जिन्दगी उनने लोकमंगल में लगा दी। भगवान बुद्ध क...
- चलिए, अब इसके बाद क्या करना चाहिए?...? इतना सब कुछ कर लेने के बाद जप और ध्यान करना चाहिए। जप किसका करना चाहिए? कितना करना चाहिए? गायत्रीमंत...
- चलिए, आज मैं आपको बताने आई हूँ कि तपश्चर्या से उनको क्या-क्या मिला?...? देखिए, आज मैं आपसे निवेदन करने आई कि माँ की सच्चे हृदय से आराधना करने से व्यक्ति का व्यक्तित्व ऊँचा ...
- चलिए, हम आपको दूसरा फायदा करा दें और भगवान से आपको अभी मिला दें तो कोई हर्ज है आपको?...? साहब ! वो तो और भी अच्छा है, आप वही क्यों नहीं करते।
मित्रो ! आप नकद धर्म को ग्रहण कीजिए और उ...
- चले गए, तो चले गए, उनसे क्या मोहब्बत?...? मोहब्बत करनी है तो सिद्धान्तों से कीजिए, आदर्शों से कीजिए। गाँव से क्या मोहब्बत, क्या रिश्ता? इसक...
- चलेगा तो उसमें खाद्य का इंतजाम क्या करना पड़ेगा, हम नहीं जानते?...? मित्रो! अभी तो खाद्य के इंतजाम में हमारी धर्मपत्नी हैं। खाद्य पर उनका सौ प्रतिशत नियंत्रण है। वे बैठ...
- चलो, उसकी तलाश कराएँ और पता लगाएँ कि वह कैसा ब्रह्मज्ञानी है?...? पता लगाने के लिए बहुत दिनों तक नौकर-चाकर भेजते रहे। आखिर में जब पता लगा तो देखा कि जैसे आपने गाड़ियाँ...
- चवन्नी की जलाई और क्या-क्या खर्च किया?...? चावल खर्च किया। धूपबत्ती खर्च हुई, रोली खर्च हुई। कितने का हुआ सब? बताता क्यों नहीं? अरे...
- चाँदी आपकी है?...? नहीं, आपकी नहीं हो सकती। चाँदी को धीरे-धीरे घिसते-पिसते, फिर जमीन में शामिल होना पड़ेगा, जहाँ से उसे...
- चाँदी कब बनी थी?...? जब ब्रह्मा जी ने जमीन बनाई थी. तब चाँदी भी बनाई थी। जमीन में चाँदी मिली हुई थी। ठीक है, जिन लोगों ने...
- चाइना की दीवार किस तरीके से बनी?...? ये सारे-के-सारे किस्से आप सुनेंगे, तो आपकी आँखों में से खून टपक पड़ेगा। आदमी कितना दुष्ट हो सकता है?...
- चाइना में कौन था उनका?...? न कोई बेटा था, न मित्र था, न कोई शिष्य था उनका। वहाँ जाकर के उन्होंने चायनीज भाषा सीखी और सीखने के ब...
- चाइना में कौन था उनका?...? न कोई बेटा था, न मित्र था, न कोई शिष्य था उनका। वहाँ जाकर के उन्होंने चायनीज भाषा सीखी और सीखने के ब...
- चाइना वाले वहम में हैं?...? नहीं हैं। जर्मनी वाले वहम में हैं? वो भी नहीं हैं। दूसरे वाले भी वहम में नहीं हैं, क्योंकि वे अध्यात...
- चाणक्य के पास जाने के बाद चंद्रगुप्त क्या-से हो गया?...? समर्थ गुरु रामदास के पास जा करके शिवाजी जाने क्या-से हो गये? रामकृष्ण परमहंस के पास जाकर विवेकानन्...
- चाणक्य के पास सम्पत्ति थी?...? गाँधी जी के पास सम्पत्ति थी? बुद्ध के पास सम्पत्ति थी? नहीं थी। फिर आपने यह क्या सम्पत्ति-सम्पत्ति...
- चाणक्य गरीब थे?...? हाँ। दुनिया के सारे के सारे महापुरुष गरीब थे। सबेरे मैं आपसे नानक की बात कह रहा था, कबीर की बात कह र...
- चाणक्य ने उसे क्या-से बना दिया?...? गाँधी जी परिस्थिति से ऐसे ही थे क्या! उनके पिताजी एक छोटी स्टेट के दीवान थे। वह अपने लड़के को वकील बन...
- चाणक्य ने क्या कर डाला?...? चन्द्रगुप्त मौर्य को सम्राट बना दिया। वह केवल सम्राट ही नहीं हो गया, वरन् इतना बड़ा चक्रवर्ती शासक हो...
- चाणक्य ने क्या चन्द्रगुप्त को अच्छा नहीं बना दिया था?...? हाँ बना दिया था। समर्थ गुरु रामदास धर्मसत्ता को लेकर चले थे। क्या उन्होंने शिवाजी और दूसरे लोगों क...
- चाणक्य ने क्या चन्द्रगुप्त को अच्छा नहीं बना दिया था?...? हाँ बना दिया था। समर्थ गुरू रामदास धर्मसत्ता को लेकर चले थे। क्या उन्होंने शिवाजी और दूसरे लोगों को ...
- चाणक्य ने चंद्रगुप्त को एक जगह लगा दिया, क्या कोई एहसान नहीं किया?...? बहुत एहसान किया। जिस विश्वामित्र ने राजा हरिश्चंद्र को मुनासिब जगह पर लगा दिया, क्या उन्होंने हरिश्च...
- चाणक्य फकीर था, लेकिन फकीर की ताकत का कोई ठिकाना है?...? अनाथ लड़का, रखैल का बच्चा, मुरा और नानकी राम का पाला हुआ वह लड़का चन्द्रगुप्त मौर्य, जिसके सिर पर ...
- चाण्डाल ठिठक गया और बोला-महाराज तो फिर आप बतलाइए कि मैं अपने भगवान् को कहाँ ले जाऊँ?...? आचार्य की आँखें खुल गईं। चाण्डाल को अंक में भरते हुए उन्होंने कहा-तात क्षमा करो। आज तुमने मेरी आँखें...
- चाण्डाल ठिठक गया और बोला-महाराज तो फिर बताइये मैं अपने भगवान् को कहाँ ले जाऊँ?...? आचार्य की आँखें खुल गईं। चाण्डाल को अंक में अंक में भरते हुए उन्होंने कहा-तात क्षमा करो। आज तुमने मे...
- चाय अस्सी पैसे की आती है और दस पैसे का क्या आयेगा?...? एक बटे आठ कप चाय आएगी अर्थात एक घूँट चाय आएगी। एक घूँट चाय से आप भगवान का, समाज का, देश का सब ऋण पूर...
- चार गज का?...? अच्छा आप बाइस गज का कुर्ता पहनकर दिखाइए। आप कितनी लम्बी चारपाई पर सोते हैं? चार फुट वाली पर? अच्छा आप...
- चार धाम कौन-कौन से हैं?...? बद्रीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री। चार धाम ये ही कहलाते हैं। ये सारे के सारे पवित्रतम स्थान ...
- चार धाम कौन-कौन से हैं?...? बद्रीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री। चार धाम ये ही कहलाते हैं। ये सारे के सारे पवित्रतम स्थान ...
- चार फुट वाली पर?...? अच्छा आप अस्सी फुट वाली चार पाई पर सोकर दिखाइए। नहीं साहब! अस्सी फुट वाला तो मकान भी नहीं है। कहाँ र...
- चार बच्चे किसने पैदा किए थे?...? यज्ञ ने। नहीं, यज्ञ ने नहीं किए थे। मनः शक्ति ने। मनः शक्ति से अरे भाई मनः शक्ति से भी नहीं। शृंगी ऋ...
- चार बच्चे किसने पैदा किए थे?...? यज्ञ ने? नहीं, यज्ञ ने नहीं। यज्ञ ने नहीं किए थे। मनःशक्ति ने? अरे भाई! मनःशक्ति से भी नहीं। वो ऋषि ...
- चार बच्चों को बराबर बाँट दिया?...? और पड़ोसियों, और महोल्ले वालों को और उन लोगों को जिनके एहसान आपके ऊपर लदे हुए हैं, उनके लिए जिन अध्य...
- चार रोटी खाते हैं आप?...? छह रोटी खाकर दिखलाइए। कपड़ा, कुर्ता आप कितना पहनते हैं? चार गज का? अच्छा आप बाइस गज का कुर्ता पहनकर द...
- चार वेद क्या हैं?...? गायत्री के चार चरणों की व्याख्या। गायत्री के चार चरण कौन-से हैं? तीन चरण वे हैं, जो आठ-आठ अक्षरों के...
- चार वेद क्या?...? चार वेद गायत्री के व्याख्यान। ये चारों गायत्री के व्याख्यान के रूप में हैं जिस गायत्री मंत्र को हम आ...
- चार हजार रुपये महीने हम कमा सकते हों तो बारह महीने के अड़तालीस हजार रुपये होते हैं हमारे समय की कीमत?...? तीन साल का तप देकर के तेरे बेटा पैदा कराएँगे तो अड़तालीस हजार रुपये के हिसाब से तीन साल का कितना होत...
- चारण बनना चाहते हैं या चमचे बनना चाहते हैं?...? क्या आप वेश्याओं के पीछे चमचे बनकर फिरना चाहते हैं? अरे साहब! इनके क्या कहने? इन्होंने तो वहाँ गाया ...
- चारण बनना चाहते हैं या चमचे बनना चाहते हैं?...? क्या आप वेश्याओं के पीछे चमचे बनकर फिरना चाहते हैं? अरे साहब! इनके क्या कहने? इन्होंने को वहाँ गाया ...
- चारपाई और उसका कितना दाम है?...? दाम भी बहुत कम बता दिया। कह दिया कि दो रुपए की चारपाई है। दो रुपए की चारपाई है, दो रुपए की चारपाई है...
- चारों ओर आग लगे तो अपना घर भी कहाँ बचेगा?...? इसलिए दूरदर्शिता इसी में है कि न केवल अपना शरीर परिवार सँभाला जाय, वरन् संव्याप्त वातावरण के सम्बन्ध...
- चारों क्या-क्या हैं?...? एक चीज मैं कल आपसे कह रहा था—साधना। साधना और उपासना वास्तव में एक ही चीज हैं, पर उपासना क्योंकि बदना...
- चारों धाम की यात्रा करने के बाद में अब क्या हो सकता है?...? वैकुंठ जाना पड़ेगा। अच्छा! और? स्वर्गलोक जाना पड़ेगा। अच्छा! और? मुक्ति मिलेगी और स्वर्ग मिलेगा और श...
- चारों धाम की यात्रा करने के बाद में अब क्या हो सकता है?...? बैकुंठ जाना पड़ेगा। अच्छा! और? स्वर्गलोक जाना पड़ेगा। अच्छा! और? मुक्ति मिलेगी और स्वर्ग मिलेगा और शां...
- चारों धाम कौन-कौन से हैं?...? रामेश्वरम्, द्वारिका, बद्रीनाथ और जगन्नाथपुरी। चारों धामों में चार मठ उन्होंने स्थापित किए थे। उनका ...
- चारों धाम कौन-कौन से हैं?...? रामेश्वर, द्वारिका, बद्रीनाथ और जगन्नाथपुरी। चारों धामों में चार मठ उन्होंने स्थापित किये थे। उनका अ...
- चारों पत्थरों को फेंक देने के बाद में जब वहाँ ऊपर टीले पर पहुँचा, तब महात्मा ने भगवान को दिखाने के बजाय चोर से यह पूछा—जब चार पत्थर लेकर आप टीले पर चढ़ रहे थे तब चढ़ना मुश्किल था न?...? अरे साहब! बहुत मुश्किल था, हम चढ़ ही नहीं सकते थे। तब उन्होंने कहा—हमारे सिर के ऊपर पत्थर रखे हुए हैं...
- चारों भाई अलग-अलग रहकर गुरु वशिष्ठ के मार्गदर्शन में शिक्षण प्राप्त करने लगे तो अयोध्या में क्या कमी थी?...? अयोध्या में वातावरण नहीं था, जो हिमालय का वातावरण है—संस्कारी वातावरण, जिसमें कि हजारों वर्षों से लो...
- चारों वेदों से लेकर एक सौ आठ उपनिषदों तक, छहों दर्शनों से लेकर अठारह पुराणों तक और आप सबकी सेवा करने तक, आखिर किसने बनाया?...? गुरु ने बनाया। अपने को सौंप दिया और हम निहाल हो गए। इसी तरीके से यदि आप भी अपने को सौंप पाएँ तो आप औ...
- चाल का ये नियम बनाया जाए, हमारी चाल कितनी होनी चाहिए?...? चाल का एक क्रम बना हुआ है, जैसे एक घण्टे में १० माला और ११ माला तो होनी ही चाहिए। इसमें विराम नहीं ह...
- चालाक कहीं का, हमसे आशीवाद पाने के लिए दीक्षा लेता है?...? हमारा तीन साल का तप ले जाना चाहता है और हमें चवन्नी की माला पहनाना चाहता है, धूर्त कहीं का। तू चेला ...
- चालाकी कैसे करेंगे?...? मक्कारी कैसे करेंगे? चीट कैसे करेंगे? धोखा कैसे करेंगे? आपके साथ में बुरा व्यवहार कैसे करेंगे? आप रा...
- चालीस चालीस रुपये की साड़ी देकर के भगवान् से न जाने क्या-क्या लेना चाहता है?...? बेटे, मैं क्या कह सकता हूँ? आजकल के जमाने में अध्यात्म केवल मखौल बन कर रह गया है। अध्यात्म केवल दिल्...
- चालीस दिन बाद क्या कराया?...? क्या लाभ हुए? ज्यादा तो मुझे मालूम नहीं है; पर इतना तो मालवीय जी ने छापा था कि मेरी स्मरण शक्ति ठीक ...
- चालीस शंखों की आवाज जब एक साथ बजती है, तो कान कैसे काँपते हैं, नवीनता कैसे मालूम पड़ती है?...? यह शैली आपको गायत्री तपोभूमि सिखाएगा। जब आप जहाँ कहीं भी जाएँ, तो स्थानीय कार्यकर्ता को ले करके चल...
- चावल खिलाने वालों, रोटी खिलाने वालों, आरती उतारने वालों, तीन माला जपने वालों, भगवान के दिल दिमाग को समझो और पढ़ो कि भगवान की मोहब्बत किन लोगों के लिए सुरक्षित है?...? भगवान की मोहब्बत जटायु जैसे लोगों के लिए सुरक्षित है। भगवान की मोहब्बत गिलहरियों के लिए सुरक्षित...
- चावल नहीं खायेंगे?...? एकादशी के दिन चावल कैसे खायेंगे? एकादशी के दिन तो फलाहार करेंगे। जैसे अपने यहाँ साबूदाना फल माना ज...
- चावल रखे तो चावलों का सौ गुना अरे सौ गुना क्या?...? मैं तो कहता हूँ आपसे सौ गुना हो जाता है, हजारों गुना हो जाता है। हमने जो दिया है उसका सौ गुना हो गया...
- चाहता होता तो सृष्टि रचता ही क्यों?...? उस परम सत्ता की एक ही इच्छा है कि मानवी पराक्रम-आत्मबल स्वयमेव उभरकर आए और इन विध्वंसक शक्तियों से म...
- चाहे आप इसको पुण्य समझते हों, हो सकता है उस आधी साड़ी की क्या वैल्यू हो?...? उन्होंने कहा—बस, हो गया। उन्होंने देखा कि क्या रजिस्टर में इसका कुछ जमा है। उन्होंने पाया कि इसका पु...
- चाहे आपके झुर्रियाँ क्यों न पड़ गई हों?...? लेकिन मेरे लिए तो आप वही हैं, जैसे कि छोटा अबोध बच्चा हो और उसके प्रति जो ममता, दया, जो एक माँ के अन...
- चाहे आपके झुर्रियाँ क्यों न पड़ गई हों?...? लेकिन मेरे लिए तो आप वही हैं जैसे कि छोटा अबोध बच्चा हो और उसके प्रति जो ममता दया, जो एक माँ के अन्द...
- चाहे आपके भूरे बाल क्यों न हो गए हों?...? आपकी दाढ़ी-मूँछ भूरी क्यों न हो गई हो? चाहे आपके झुर्रियाँ क्यों न पड़ गई हों? लेकिन मेरे लिए तो आप ...
- चाहे आपके भूरे बाल क्यों न हो गए हों?...? आपकी दाढ़ी-मूँछ भूरी क्यों न हो गए हों? चाहे आपके झुर्रियाँ क्यों न पड़ गई हों? लेकिन मेरे लिए तो आप...
- चाहे कीड़ा हो, चाहे मकोड़ा, चाहे मच्छर हो अथवा मक्खी, कोई भी क्यों न हो?...? सबके भीतर से जो उमंगें उठती रहती हैं, इच्छाएँ, आकांक्षाएँ उठती रहती हैं, वे दो ही उठती रहती हैं-एक प...
- चाहे जहाँ इकट्ठा बैठे हों, उनसे प्रार्थना करनी चाहिए कि आपके पास दो चार मिनट का समय हो तो एक बात आपको सुना दूँ क्या?...? अगर वे कहें कि सुनाइए तो एक विज्ञप्ति सुना दीजिए। दस मिनट में यह खत्म हो जाती हैं। ये विज्ञप्तियों ब...
- चाहे जहाँ इकट्ठा बैठे हों, उनसे प्रार्थना करनी चाहिए कि आपके पास दो-चार मिनट का समय हो तो एक बात आपको सुना दूँ क्या?...? अगर वे कहें कि सुनाइए तो एक विज्ञप्ति सुना दीजिए। दस मिनट में यह खत्म हो जाती है। यह विज्ञप्तियाँ बड...
- चाहे जहाँ इकट्ठे बैठे हों, उनसे प्रार्थना करनी चाहिए कि आपके पास दो-चार मिनट का समय हो, तो एक बात आपको सुना दूँ क्या?...? अगर वे कहें कि सुनाइए। तो एक विज्ञप्ति सुना दीजिए। दस मिनट में यह खत्म हो जाती है। यह विज्ञप्तियाँ ब...
- चाहे जहाँ जरा-सा काम किया और फिर विश्राम, जरा-सा काम और फिर विश्राम ऐसे कोई काम होते हैं क्या?...? काम करने की शैली ही कर्मयोग है। कर्मयोग को अगर आप ज्ञानयोग में मिला दें, संध्यावंदन में मिला दें, तो...
- चाहे न भी बनें वे, तो कम-से आपको जितने समय तक उनसे सम्पर्क बनेगा, आप जितने समय तक विचार करेंगे, उतने समय तक आपके लिये वो अच्छे ही रहेंगे, चाहे वो बुरा करते हैं, तो करने दीजिए; लेकिन आप क्यों ऐसा सोचते हैं?...? कान अगर आपके पास सही हैं, तो आपको दूसरों के सलाह-मशविरा सुनने का मौका मिलेगा; परामर्श का मौका मिलेगा...
- चाहे बड़ी उम्र का भी हो जाए तो भी क्या कहेंगे?...? तो मैं उसको बच्चा कहूँगा। बच्चा बड़ी उम्र का? हाँ बड़ी उम्र के भी बच्चे होते हैं। मन:स्थिति की दृष्ट...
- चाहे बड़ी उम्र का भी हो जाए तो भी क्या कहेंगे?...? तो मैं उसको बच्चा कहूँगा। बच्चा बड़ी उम्र का? हाँ बड़ी उम्र के भी बच्चे होते हैं। मनःस्थिति की दृष्ट...
- चाहे मुझे कड़क भाषा क्यों न बोलनी पड़े?...? तो वह मैं बोलूँगी। नहीं सुनेंगे तो जबरदस्ती मुझे सुनानी पड़ेगी। सोते होंगे, तो जगाना पड़ेगा, कहना पड...
- चाहे मुझे कड़क भाषा क्यों न बोलनी पड़े?...? तो वह मैं बोलूँगी। नहीं सुनेंगे तो जबरदस्ती मुझे सुनानी पड़ेगी। सोते होंगे तो जगाना पड़ेगा, कहना पड़...
- चाहे वह ईसाई हो, चाहे मुसलमान हो, चाहे पारसी हो, चाहे किसी भी सम्प्रदाय का क्यों न हो?...? उपासना का अपने आप में बड़ा महत्त्व है। उपासना का मतलब होता है ईश्वर के समीप बैठना, जुड़ जाना, एकाकार...
- चाहे वह कोई भी क्यों न हो?...? वाल्मीकि ऋषि थे कि नहीं थे? वाल्मीकि ऋषि थे, जिनके यहाँ सीता को रखा गया था। तो उदाहरणों के माध्यम से...
- चाहे वह कोई भी क्यों न हो?...? वाल्मीकि ऋषि थे कि नहीं थे? वाल्मीकि ऋषि थे, जिनके यहाँ सीता को रक्खा गया था। तो उदाहरणों के माध्यम ...
- चाहे वह विरोधी ही क्यों न हों?...? वे भी नतमस्तक हुए; क्योंकि उनकी व्यवहार कुशलता के सामने जो उन्होंने साधना की थी, जो उनका वातावरण था।...
- चाहे वह विरोधी ही क्यों न हों?...? वे भी नतमस्तक हुए क्योंकि उनकी व्यवहार कुशलता के सामने जो उन्होंने साधना की थी जो उनका वातावरण था। क...
- चाहे हम पच्चीस आदमी ही क्यों न बुलाएँ, पचास आदमी ही क्यों न बुलाएँ?...? चाहे हम जिन्दगी भर में थोड़ा ही काम करें, छोटी ही बात रखें, लेकिन हम उतना ही करेंगे, जितना कि श्रद्धा...
- चाहे हमें विलम्ब ही क्यों न लग जाए?...? लेकिन हम बनने के लिए तैयार हैं। बेटे ! विजय उन्हीं की होती है।
युधिष्ठिर की विजय हुई, क्योंकि उन्ह...
- चाहें जब जरा सा काम किया फिर विश्राम, जरा सा काम फिर विश्राम कोई ऐसे काम होते हैं क्या?...? काम करने की शैली - कर्मयोग - कर्मयोग को अगर आप अपने ज्ञानयोग में मिला दें, संध्या-वन्दन में मिला दें...
- चिन्तन का तरीका क्या है?...? जब आप किसी नारी को देखते हैं, तो उसको देखने के साथ-साथ में आपका शैतान भी उसको देखता रहता है। शैतान क...
- चिन्तन का परिष्कार हमको कैसे करना चाहिए?...? चिन्तन को हमें कहाँ तक ले जाना चाहिए और अपने चिन्तन को हमें भगवान में विलय कैसे कर देना चाहिए? ये सारी...
- चिन्तन की शैली में जिस तरीके की शालीनता का समावेश होना चाहिए था, वो रखा गया क्या?...? ना। न हमने अपने शरीर के प्रति कर्तव्यों का पालन किया, न अपने मस्तिष्क के प्रति अपने कर्तव्यों का पाल...
- चिन्तन के अतिरिक्त आपकी भावनाएँ, आपकी अवस्थाएँ और निष्ठाएँ क्या हैं?...? आपकी निष्ठाएँ किस चीज पर जमी हैं? आपकी पसन्दगी क्या है? आपकी रुचि क्या है? आप विचारते क्या हैं? आपकी ...
- चिन्तन को कहाँ लगाएँ?...? सीधी-सी बात है—चिन्तन कहाँ लग रहा है यह आप देखें। आप कहीं लग रहे हों, जीभ कहीं लग रही हो, वस्तुएँ कही...
- चिन्तन को कहाँ लगाएँ?...? सीधी सी बात है-चिन्तन कहाँ लग रहा है, यह आप देखें। आप कहीं लग रहे हों, जीभ कहीं लग रही हो, वस्तुएँ कह...
- चिन्तन को कहाँ लगाना चाहिए?...? अस्त-व्यस्त चिन्तन की रोक-थाम हमें कैसे करनी चाहिए? चिन्तन का परिष्कार हमको कैसे करना चाहिए? चिन्तन को ...
- चिन्तन को लगाने का उद्देश्य यह है कि जिस काम के लिए जो क्रियाएँ कराई जा रही हैं, आप उस इशारे पर आ जाइए कि उस इशारे के साथ में आपको क्या चिन्तन करना चाहिए?...? बेटे, हम सबेरे आत्मध्यान कराते हैं। आत्मध्यान कराने के साथ-साथ सजेशन देते हैं, निर्देश देते हैं। इसक...
- चिन्तन को लगाने का उद्देश्य यह है कि जिस काम के लिए जो क्रियाएँ कराई जा रही हैं, आप उस इशारे पर आ जाइए कि उस इशारे के साथ में आपको क्या चिन्तन करना चाहिए?...? बेटे! हम सवेरे आत्म-ध्यान कराते हैं। आत्म-ध्यान कराने के साथ-साथ सजेशन देते हैं, निर्देश देते हैं। इ...
- चिन्तन को हमें कहाँ तक ले जाना चाहिए और अपने चिन्तन को हमें भगवान में विलय कैसे कर देना चाहिए?...? ये सारी-की-सारी चिन्तनपरक कसरत योग कहलाती है। यह योग आपको सीखना चाहिए। इस योग के सिद्धान्त मैं आपको ब...
- चिड़िया की, बाज की?...? नहीं बेटे! मैं तो सिद्ध पुरुषों की बात कर रहा हूँ। सिद्ध पुरुष क्या करते हैं? ऐसा झपट्टा मारते ह...
- चितवत काम भयउ जरि छारा॥’’ शंकर भगवान ने जब तीसरी आँख खोली, तो किसको देखा?...? कामदेव को देखा और कामदेव जलकर खाक हो गये। अरे राम- राम, ऐसी आँख होती है? हाँ बेटे, तीसरी आँख जिस क...
- चित्र आप बनायेंगे?...? पर आपने चित्रकला नहीं सीखी है, तो आप चित्र कैसे बनायेंगे।
मित्रो! आपको टेक्नीक आती है तो आप अपनी ट...
- चित्र कितने महत्त्वपूर्ण हैं?...? गंदे चित्र घरों में टँगे रहते हैं, जो हमको न जाने कैसा बना देते हैं। छोटे-छोटे बच्चों के मनो में इसस...
- चित्र, आपने देखा नहीं कितने काम करते हैं?...? गंदे चित्र बिकते हुए आपने देखे नहीं? दीपावली के दिनों आपने गली-गली, मोहल्ले-मोहल्ले और चौराहे-चौराहे...
- चित्रकार जब उसके मर्मस्थलों को निर्लज्ज, निर्वसन बनाने के लिए दुःशासन की तरह अड़े बैठे हैं, कवि जब वासना भड़काने वाले ही छन्द लिखें, गायक जब नख-सिख का उत्तेजक उभार और लम्पटता के हाव-भावों भरे क्रिया कलापों को अलापें, साहित्यकार कुत्सा ही कुत्सा सृजन करते चले जाये और प्रेस तथा फिल्म जैसे वैज्ञानिक माध्यमों से उन दुष्प्रवृत्तियों को उभारने में पूरा-पूरा योगदान मिले तो जन मानस को विकृत और भ्रमित कर देना क्या कुछ कठिन हो सकता हैं?...? हमें इस विकृति के मूल स्रोत कला के अनाचार को रोकना बदलना होगा। स्नेह और सद्भाव की देवी सरस्वती के सा...
- चिन्तन की शैली में जैसी शालीनता का समावेश होना चाहिए था, वैसा रखा क्या?...? नहीं। न हमने अपने शरीर के प्रति अपने कर्तव्य का पालन किया, न अपने मस्तिष्क के प्रति कर्तव्य का पालन ...
- चिन्तन क्या होता है?...? श्रद्धा। श्रद्धा क्या होती है? भावना। इन तीनों को आप जोड़कर चलें, तो छोटे-से कर्मकाण्ड भी आपके लिए कम...
- चिन्तन में, चिन्तन की शैली में जिस तरह की शालीनता का समावेश होना चाहिए था, वो रखा गया क्या?...? न, न हमने शरीर के प्रति अपने कर्तव्यों का पालन किया, न अपने मस्तिष्क के प्रति कर्तव्यों का पालन ...
- चिन्ता क्या बीमारी है?...? बेटे, चिन्ता एक विकृति का नाम है। निराशा एक विकृति का नाम है। क्षोभ एक मानसिक विकृति का नाम है, भय...
- चिन्ताओं से दूर कौन रह सकता है?...? जिसकी कामनायें पूरी हो गयी हों। तो क्या हमारी कामनायें पूरी हो सकती हैं? हाँ मित्रो! आपकी कामनायें प...
- चिड़िया के सामने, हाथी के सामने पेट भरने की कोई समस्या नहीं है, फिर इनसान के सामने क्या आयेगी?...? आप ये बहानेबाज़ी मत बनाइये कि हमारा गुजारा कैसे होगा, घर का क्या होगा? हमारी जिम्मेदारियाँ कौन पूरी ...
- चिड़िया में भी जिन्दगी है फिर हम उनको निम्न स्तर का क्यों मानते हैं?...? उनमें एक ही कमी है कि उनमें ज्ञान नहीं है। मनुष्य ज्ञान का देवता माना गया है। ज्ञान की वजह से, मननशी...
- चिड़ियाँ कहाँ खुशामद करती हैं?...? जानवर कहाँ उनकी पूजा और प्रार्थना करते हैं? इतने पृथ्वी के जीव-जन्तु हैं, इनमें से कौन पूजा-प्रार्थन...
- चिड़ियाएँ कहाँ खुशामद करती हैं?...? जानवर कहाँ उनकी प्रार्थना, पूजा करते हैं? इतने सृष्टि के जीव-जन्तु हैं, इसमें से कौन पूजा, प्रार्थना...
- चींटी के पंख कब उगते हैं?...? जब उसके मरने के दिन नजदीक आते हैं। जब आदमी मरने को होता है तो बहुत जोर से साँस लेता है और चेहरे पर च...
- चीजों में कोई मिठास है क्या?...? चीजों में कोई मिठास नहीं है। यह मिठास कहाँ से आती है। कहीं से नहीं आती। यह हमारे भीतर से निकलती है...
- चीट कैसे करेंगे?...? धोखा कैसे करेंगे? आपके साथ में बुरा व्यवहार कैसे करेंगे? आप राम हैं—हम कैसे कर सकते हैं? हमारी एक आँ...
- चीन की पच्चीस लाख सेना क्या होती है?...? बहुत होती है और छप्पन लाख की इस हमारी आध्यात्मिक सेना के भीतर भगवान् की बात जाने दीजिए, इन्सान भी अग...
- चीन में न जाने क्या से क्या हो गया?...? कभी चीन में बौद्ध धर्म इतना फैला हुआ था कि हिन्दुस्तान से भी अधिक बौद्ध लोग चाइना में रहते थे। वहा...
- चीन में न जाने क्या से क्या हो गया?...? कभी चीन में बौद्ध धर्म इतना फैला हुआ था कि हिन्दुस्तान से भी अधिक बौद्ध लोग चाइना में रहते थे। वहाँ ...
- चीन लगातार आगे बढ़ रहा है, भारत का क्या होगा?...? ’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘इसकी जरूरत नहीं, युद्ध 7 दिन में बन्द हो जायेगा।’’ और ऐसा ही हुआ।एक दिन मैं और गु...
- चीनी बहुत घबराये और समझ गये कि उद्योगी को ईमानदार भी होना चाहिए?...? (५) महात्मा गाँधी के पास जाकर एक युवक ने कहा-बापू भूख से मर रहा हूँ कोई नौकरी भी नहीं देता अपने पास...
- चीनी सज्जन हँसकर बोले-अरे इसमें दुःख की क्या बात है?...? दूध में उतनी पानी मिला दो? जापानी ने कहा-महादेव हम उद्योग करते हैं धोखा नहीं देते? चीनी बहुत घबराये ...
- चीरा लगाने से पहले एनस्थीसिया लगा दिया?...? क्यों? क्योंकि इसको पीड़ा न हो। सुई लगा दी? हाँ। ऑपरेशन आधे घण्टे का काम था, परन्तु विधि को जानने के लि...
- चुप धूर्त कहीं का, मेरी मनोकामना पूरी करनी पड़ेगी?...? मित्रो! क्या करना चाहिए, इस वास्तविकता को समझिये। अगर वास्तविकता को नहीं समझेंगे, तो यह घोर अज्ञान...
- चुसकी माँगने के लिए क्यों न आए हों?...? यद्यपि ये सब चीजें बेकार और वाहियात हैं, जिनको आप माँगने आए हैं। चलिए तो भी हम कोशिश करेंगे, यदि वह ...
- चूँकि आप में हिम्मत नहीं है, तो नास्तिकता को किन शब्दों में कहेंगे?...? आप कहेंगे कि हमको टाइम नहीं मिलता, फुरसत नहीं मिलती और मन नहीं लगता, आप यही कहेंगे। यह कौन बोलता है?...
- चूँकि मैं एक महिला हूँ, कहाँ जाऊँ?...? तो आप इतना कर सकते हैं कि आप पीसने के लिए अनाज दें, बदले में आटा या पैसा दें, ताकि मैं अपनी उदरपूर्त...
- चूँकि मैं एक महिला हूँ, कहाँ जाऊँ?...? तो आप इतना कर सकते हैं कि आप पीसने के लिए अनाज़ दें, बदले में आटा या पैसा दें ताकि मैं अपनी उदर पूर्...
- चूने का टुकड़ा अगर खा लिया जाये तो दिमाग फट जाये और हल्दी?...? हल्दी, जो साग, दाल में काम आती है, कपड़े में लगा ले, तो वह खराब हो जाये। लेकिन हल्दी और चूने को मिल...
- चूल्हा बनाना हो और चक्की बनानी हो और हमको घर से बाहर जाना हो और हमको मुहूर्त देखना हो, तो हमको किससे पूछना पड़ेगा?...? देवता से। सामने वाला चन्द्रमा है कि नहीं और जोगिनी पीठ पीछे हैं कि नहीं? दिशाशूल हमारे आगे है, तो हम...
- चूहे आपका सारा अनाज खा के खत्म कर देंगे; फिर पिस्सू और कीटाणु, जो आपके शरीर में घुस जाते हैं और तपेदिक जैसी बीमारियाँ कर देते हैं—इनसे लोहा नहीं लेंगे, तो कैसे बात बनेगी?...? फिर आप यहाँ से जब जा ही रहे हैं, फिर आप संघर्षशील भी होकर जाइये, शूरवीर भी होकर जाइये; उदार बनिये, स...
- चेचक की फुंसियों पर पट्टी कहाँ बाँधते हैं?...? स्थाई उपचार तो रक्त शोधन की प्रक्रिया से ही बन पड़ता है।प्रस्तुत चिन्तन और प्रचलन में इतनी अधिक वि...
- चेचक की फुंसियों पर पट्टी कहाँ बाँधते हैं?...? स्थायी उपचार तो रक्त-शोधन की प्रक्रिया से ही बन पड़ता है।प्रस्तुत चिन्तन और प्रचलन में इतनी अधिक विक...
- चेतना का तो आप मूल्य भी नहीं समझते, मैं क्या करूँ?...? चेतना का तो आप मूल्य भी नहीं पहचानते, आप तो बाहर ही बाहर तलाश करते हैं। इस देवता के सामने नाक रगड़ते ...
- चेतना का तो आप मूल्य भी नहीं समझते, मैं क्या करूँ?...? चेतना का तो आप मूल्य भी नहीं पहचानते, आप तो बाहर ही बाहर तलाश करते हैं। इस देवी के सामने नाक रगड़ते ह...
- चेतना का मूल्य, चेतना की शक्ति कितनी बड़ी हो सकती है?...? चेतना की शक्ति इतनी बड़ी है, जिसको उभारने की प्रक्रिया हम आपको सिखाते हैं, गायत्री मंत्र के माध्यम से...
- चेतना का विस्तार संकीर्णता की परिधि में सिमटे रहकर कैसे हो सकता है?...? यदि परमसत्ता का ही मन एकाकी नहीं रमा, उसने एकाकीपन से ऊबकर मनुष्य समेत यह सृष्टि रची, तब उस सृष्टि क...
- चेतना की खुराक, चेतना की राहत और चेतना का नियंत्रण न मिल सकता, तो बाहर की वस्तुएँ क्या करेंगी?...? हम रोज देखते हैं, पैसे वालों को देखते हैं, विद्वानों को देखते हैं, धनवानों को देखते हैं, मालदारों ...
- चेतना की शक्ति अगर हमारे पास हो जिसे हम ब्रह्मबल कहते हैं और आत्मबल कहते हैं तो फिर उसका कहना ही क्या?...? मित्रो! मैं कहानी का अर्थ समझाना चाहूँगा आपको, ताकि गायत्री की परिभाषा आपकी समझ में आ जाए कि गायत्री...
- चेतना को अगर सँवारा जा सके, चेतना को अगर सँजोया जा सके तो आदमी क्या हो सकता है?...? हम नहीं कह सकते कि आदमी क्या हो सकता है? कहते हैं कि आदमी और भगवान एक हो सकते हैं। आदमी इतना विकसित ...
- चेतना को अगर सँवारा जा सके, चेतना को अगर सँजोया जा सके तो आदमी क्या हो सकता है?...? हम नहीं कह सकते कि आदमी क्या हो सकता है? कहते हैं कि आदमी और भगवान एक हो सकते हैं। आदमी इतना विकसित ...
- चेतना को किस प्रकार मल आवरण, विक्षेपों से बचाया जाय?...? किस प्रकार उसे प्रगति पथ पर अग्रसर होने का अवसर दिया जाय? किस प्रकार उसे बलिष्ठ, प्रखर और परिष्कृत ब...
- चेतना को हम कैसे परिष्कृत कर सकते हैं?...? चेतना में निखार कैसे ला सकते हैं और चेतना की क्वालिटी हम कैसे बढ़ा सकते हैं? सारे-के उच्चस्तरीय सिद्...
- चेतना जिसका आप मूल्य ही नहीं समझते?...? चेतना जिसका विकास ही नहीं करना चाहते? यही है गायत्री साधना का उद्देश्य कि आप अपनी चेतना को परिष्कृत ...
- चेतना जिसका विकास ही नहीं करना चाहते?...? यही है गायत्री साधना का उद्देश्य कि आप अपनी चेतना को परिष्कृत करें, समर्थ बनाएँ।...
- चेतना जिसको आपने समझा ही नहीं?...? चेतना जिसका आप मूल्य ही नहीं समझते? चेतना जिसका विकास ही नहीं करना चाहते? यही है गायत्री साधना का उद...
- चेतना में निखार कैसे ला सकते हैं और चेतना की क्वालिटी हम कैसे बढ़ा सकते हैं?...? सारे-के उच्चस्तरीय सिद्धान्तों के समुच्चय का नाम अध्यात्म है। अध्यात्म को आप क्या समझते हैं? आप तो ऐस...
- चेतना समुद्र की बूँदें समुद्र की अलग से अनुभूति सरलता से कैसे कर पाये?...? यह अति दुष्कर कार्य है। मनुष्य की अनुभूतियाँ इसी परम चेतना के प्रकाश की उपस्थिति में सम्भव होती है। व...
- चेतना हमारी कितनी ताकतवर है?...? यह हमारी भौतिक और चेतन दोनों क्षेत्रों का मुकाबला करने में सक्षम है। इसका मैं उदाहरण देना चाहूँगा। य...
- चेतना हमारी कितनी ताकतवर है?...? यह हमारी भौतिक और चेतना दोनों क्षेत्रों का मुकाबला करने में सक्षम है। इसका मैं उदाहरण देना चाहूँगा। ...
- चेतना हमारी जीवात्मा है और वह विचारपरक है, भावपरक है, सम्वेदनापरक है और भगवान?...? भगवान भी विचारपरक है, भावनापरक है और सम्वेदनापरक है। दोनों की भावना और विचारणा जिस दिन मिलेगी, उस द...
- चेतना हमारी जीवात्मा है और वह विचारपरक है, भावपरक है, सम्वेदनापरक है और भगवान?...? भगवान भी विचारपरक है, भावपरक है और सम्वेदनात्मक है। दोनों की भावना और विचारणा जिस दिन मिलेगी, उस दिन ...
- चेतना, जिसको आप भूल गए?...? चेतना जिसको आपने समझा ही नहीं? चेतना जिसका आप मूल्य ही नहीं समझते? चेतना जिसका विकास ही नहीं करना चा...
- चेला बोला—महाराज जी कोई कष्ट आपको रह गया क्या?...? ना बेटे, कष्ट तो अच्छा हो गया था तभी, पर एक इच्छा है तू पूरी कर दे तो? महाराज जी। बताइये क्या मैं इस...
- चेहरा गुलाब के तरीके से खिला है, चाहे उसे रातभर श्रम ही क्यों न करना पड़ा हो?...? दिन और रात फिर भी गुलाब की तरह से चेहरा। वैसे तो घर में ऑफिस से आते हैं, तो जरा-सा करके ऐसा मुरझा जा...
- चेहरे पर आपको क्या मालूम पड़ेगा?...? दो बातें मालूम पड़ेंगी-एक तो आपको गहरी नींद आया करेगी और दूसरा आपके चेहरे पर गुलाब के फूल की तरह खुश...
- चेहरे पर आपको क्या मालूम पड़ेगा?...? दो बातें मालूम पड़ेगी-एक तो आपको गहरी नींद आया करेगी और दूसरा आपके चेहरे पर गुलाब के फूल की तरह खुशी...
- चेहरे पर, होठों पर जाकिट कसे हुए किसे देखा जाता है?...? यह अवयव खुले ही रहते हैं। उन पर मौसम का कोई प्रभाव नहीं पड़ता। यही बात समस्त शरीर पर भी लागू होती है।...
- चैन कहाँ से आ जायेगा?...? शान्ति कहाँ से आयेगी? नहीं साहब! गायत्री माता से चैन आ जायेगा? अरे। गायत्री माता से कैसे चैन आ जायेग...
- चैन की नींद सोते रहे, तो क्या ऐसे ही काम हो जाएगा?...? बेटे, ऐसे काम नहीं होगा। जरा-जरा से काम में कितना समय लगता है। जो छह यज्ञ हुए हैं, उनमें कितने लोगों...
- चैन कैसे आयेगा?...? सन्तोष कैसे आयेगा? आदमी आज इस बुरी तरह से जल रहा है, जैसे कि मैंने सुना है कि राजा सगर के साठ हजार बे...
- चोटी और जनेऊ क्या है?...? कुछ भी नहीं है।
गायत्री मंत्र के रूप में मस्तिष्क के ऊपर एक अनुशासन, एक अंकुश लगाया गया है। हमार...
- चोटी कहाँ से आती है?...? चोटी की कौन रखवाली करता है? चोटी की हम रक्षा करेंगे और जनेऊ की हम रक्षा करेंगे।यज्ञोपवीत धारण करने क...
- चोटी कहाँ से आती है?...? चोटी की कौन रखवाली करता है? चोटी की हम रक्षा करेंगे और जनेऊ की हम रक्षा करेंगे।मित्रो! हमारा यह उद्द...
- चोटी की कौन रखवाली करता है?...? चोटी की हम रक्षा करेंगे और जनेऊ की हम रक्षा करेंगे।यज्ञोपवीत धारण करने के कुछ नियम हैं, कुछ मर्यादाए...
- चोटी की कौन रखवाली करता है?...? चोटी की हम रक्षा करेंगे और जनेऊ की हम रक्षा करेंगे।मित्रो! हमारा यह उद्देश्य होना चाहिए, हमारा शिक्ष...
- चोर की है?...? नहीं, ठग की, उठाईगीर व जालसाज की भी नहीं। साधना करने से पहले ब्राह्मण बनना पड़ता है। कपड़े को रँगने से...
- चोर कौन है?...? मालूम नहीं कौन है? अनैतिकता को भगाओ, पाप को भगाओ, परन्तु भगाएगा कौन? दुनिया ने पाप को भगाया, पर वही च...
- चोर कौन है?...? मालूम नहीं कौन है? अनैतिकता को भगाओ, पाप को भगाओ, परन्तु भगाएगा कौन? दुनिया ने पाप को भगाया, पर वही च...
- चोर निकल गया तब?...? दुष्ट निकल गया तब? तब उसके लिए भी तैयार रहिए। लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगाह रखिए कि यह भी ह...
- चोर निकल गया तब?...? दुष्ट निकल गया तब? तब उसके लिए भी तैयार रहिए? लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगाह रखा कि यह भी हो ...
- चोर-चालाकों की साझेदारी कैसी होती है?...? ऐसी होती है बेटे कि दो थे मित्र, बोले हम और आप कुछ कर लें। कुछ आप हमारे लिए करना, कुछ हम आपके लिए कर...
- चोरी और अनैतिकता की प्रवृत्ति क्या उस व्यक्ति की है?...? क्या समाज का इसमें कोई अनुदान नहीं? यह बात नहीं मानी जा सकती कि यह केवल उस व्यक्ति का ही दोष है जिसन...
- चोरी और अनैतिकता के अपराध में पकड़ा एक व्यक्ति जाता है और सजा का भागीदार भी वही होता है, परन्तु क्या आप इसमें उस व्यक्ति का ही एकमात्र दोष मानते हैं?...? चोरी और अनैतिकता की प्रवृत्ति क्या उस व्यक्ति की है? क्या समाज का इसमें कोई अनुदान नहीं? यह बात नहीं...
- चोरी का पैसा क्यों खाएँगे?...? छिपा हुआ क्यों खाएँगे? आज तक हमने ऐसी कोई चीज नहीं खाई। हमने आपका एक फल भी नहीं चखा है। कौन-सा खट्टा...
- चोरी की आदत के कारण लोक सम्मान चला जाना, जेल भुगतना और सहयोग से वंचित हो जाना कितना कष्टकारक और कितना प्रगति बाधक होता है?...? इसे भुक्तभोगी भली प्रकार जानते हैं। सामान्य कामों में पग-पग पर असफलता मिलना अस्थिर चित्त का ही प्रति...
- चोरी की तो नहीं है, लेकिन चोरी की हो तो क्या और अपनी हो तो क्या?...? पैसा तुझे मिला था। तूने इसे कैसे खरच किया और कहाँ खरच किया, पहले यह बता दे। तूने अकल कहाँ खरच की, म...
- चोरों का इतिहास क्या है?...? चोरों का कोई इतिहास नहीं है। डाकुओं का कोई इतिहास नहीं है। ब्लैक मार्केटियर्स का कोई इतिहास नहीं है।...
- चोरों को आपने देखा है ना?...? इस समय फायदा उठा लेते हैं।
अरे भाई! इस समय तो फायदा उठा लेते हो, पर भविष्य तुम्हारा क्या ...
- चौंसठ पहरी पीपर कैसे बनाई जाती है?...? इस पीपर-पिप्पली को चौंसठ पहर अर्थात आठ दिन तक लगातार घुटाई करते थे। लगातार घुटाई के मायने एक सेकंड क...
- चौथी बात क्या रह जाती है?...? चौथी बात रह जाती है—सेवा। आप अपनी सामर्थ्य को लोकहित के लिए, परमार्थ के लिए, परहित के कार्यों के लिए...
- चौथे वाले कोश के रूप में आप हमें साधना करायेंगे?...? हाँ, बेटे, ब्रह्मवर्चस में करायेंगे। देवत्व की दो धारायें हैं। देवता कैसा होता है? देवता का दृष्टि...
- चौबीस घण्टे में तीन घण्टे दें तो किसके लिए देंगे?...? बेटे, उसमें तेरे भजन को मैं शामिल नहीं करूँगा। भजन तो मैंने कभी शामिल नहीं किया। भजन को मैं व्यक...
- चौबीस घण्टे लाइए-दीजिए कहता रहता है, उसका नाम है—बच्चा और जवान?...? जवान आदमी हर एक से पूछता है, माँ से पूछता है कि माताजी आपको क्या चाहिए? पिताजी आपको क्या चाहिए? देवी...
- चौबीस घण्टे रास्ता कैसे बता सकता है कोई गुरु?...? ॐ गुरुर्ब्रह्मा, गुरुर्विष्णुः, गुरुरेव महेश्वरः ......... में जो बात बताई है, वह मनुष्यों के ऊपर कै...
- चौबीस वर्षों में आपने लाभ भी पाये होंगे?...? हाँ, मैंने लाभ पाये हैं। लेकिन मैं ऐसे आदमियों को भी जानता हूँ, जो मुझसे भी ज्यादा भजन करने वाले हैं...
- चौबीस हजार पाठ कितने दाम का है?...? अजी साहब! तीन घण्टे रोज लगाता हूँ। तेरा एक घण्टा कितने दाम का है? एक रुपया, एक घण्टे की मजदूरी होती है।...
- चौबीसों घण्टे काम करने वाली, प्रेम देने वाली, श्रम करने वाली, सेवा करने वाली, अपने शरीर का रस निचोड़कर देने वाली, सारा जीवन और अपनी महत्त्वाकांक्षाओं को अर्पित कर देने वाली और बदले में गालियाँ खाने वाली—ये कौन हैं?...? ये तपस्विनी है। यदि यह तपस्वी न होती तो दुनिया राक्षस हो जाती, आदमी पिशाच हो जाता और उसका कहीं ठिकान...
- चौराहे पर खड़े होकर भाषण देने वाले नेता लोग टक्कर ले लेंगे?...? न, यह बिलकुल भी सम्भव नहीं है। इसके लिए तो कोई सामर्थ्यवान व्यक्ति चाहिए। जब तक कोई सामर्थ्यवान न ह...
- च्यवनप्राश अवलेह की १०८ माला जप करने से क्या खाँसी दूर हो जायेगी?...? नहीं, आपकी खाँसी दूर नहीं होगी। च्यवनप्राश पर फूल-माला चढ़ाए, आरती उतारी और जय बोली—‘च्यवनप्राश अवलेह...
- च्यवनप्राश खाने से क्या होगा?...? आप बुड्ढे से जवान हो जाएँगे। अच्छा, लाइए, एक डिब्बा हमको भी दे दीजिए। खा लिया? हाँ, खा लिया। क्यों स...
- च्यवनप्राश मिलेगा तो एक छटाँक खायेंगे, कल तीन छटाँक खायेंगे, कल एक रत्ती खाएँगे, कल सवेरे खायेंगे, आज दोपहर को खायेंगे, तीन दिन बिल्कुल नहीं खायेंगे, कोई ऐसे लाभ होते हैं?...? नियमितता का बहुत लाभ है। उपासना का, नियमितता का बहुत लाभ है।
आप यहाँ से जाने के बाद में अपनी उपासन...
- छः घण्टे अपना समय आदमी कब दे सकता है?...? जब वह अपना समय निकाल सकता है, तब? तब वह प्राणवान हो सकता है, विद्वान हो सकता है, ज्ञानी हो सकता है, ...
- छः महीने तक मोती न मिले तो?...? तो वे नहीं जियेंगे। जिन्दा रहेंगे तो मोती बीनेंगे, नहीं तो मर जायेंगे। प्राण त्याग देंगे, पर मोती...
- छः हजार का आता है और घोड़ा?...? अच्छे घोड़े तो बहुत दाम के आते हैं और बेटा कितने दाम का आता है? गुरुजी! बेटा तो पच्चीस हजार का, चालीस...
- छः हजार शाखाएँ क्या होती हैं?...? पानी के बूँद के बराबर होती हैं। समुद्र में हम छः हजार शाखाओं में ही बात करते रहेंगे, तो बात किस तर...
- छः हजार शाखाएँ सात लाख गाँवों में किस तरीके से प्रकाश फैला सकती हैं?...? छः हजार शाखाएँ क्या होती हैं? पानी के बूँद के बराबर होती हैं। समुद्र में हम छः हजार शाखाओं में ही ...
- छह इंच के पेट के लिए कितनी रोटियाँ चाहिए?...? चार रोटी चाहिए, छह रोटी चाहिए। पेट के लिए मरा जाता है मूर्ख! जिसके सामने न कोई सिद्धान्त है, न कोई आद...
- छह घण्टे में हम भी कर लें तो?...? आपके में और हमारे में फरक पड़ता है। कैसे पड़ता है? हमारे शरीर के ऊपर बहुत सारे बन्धन थे। उनमें ढील की...
- छह दानों से क्या होगा?...? गणेश जी का पेट तो इतना बड़ा है? थैली भर चावल पकाकर लाइये। अगर आप यही मानते हैं कि चावल चढ़ाना है, तो म...
- छह हजार दाने, छह हजार दाने हो गए, न किसके हो गए?...? एक बीज के।
आप भगवान के खेत में अपने आपको बोइए। गला दीजिये न, गलाने मन नहीं है? गलाइए। आप गलाने कि ...
- छापेखाने से जो छपे हुए आते हैं, वे ऐसे ही भगवान थे?...? ये भगवान तो गोल-मटोल चेहरे वाले हैं। शायद असली श्रीकृष्ण भगवान जो रहे हों, आँखें गड्ढे में फँसी रही ...
- छाया के पीछे आप भागते रहेंगे, तो आपको हैरानी होगी और अगर आप छाया की ओर से मुँह मोड़ लें तथा प्रकाश की तरफ चलने लगें तब?...? तब फिर आप देखेंगे कि छाया आपके पीछे-पीछे चलनी वाली है। आपका चेहरा, जब छाया की तरफ मुँह करके चलते हैं...
- छाया में क्यों नहीं बनाया?...? अरे साहब! एक बार हमारे पिताजी सपने में दिखाई पड़े थे और उन्होंने कहा था कि हमारा स्थान बना दे। बस, ह...
- छाया में क्यों नहीं बनाया?...? अरे साहब! एक बार हमारे पिताजी सपने में दिखाई पड़े थे और उन्होंने कहा था कि हमारा स्थान बना दे। बस, हम...
- छिप करके आप उससे बच सकते हैं क्या?...? छिप करके भी आप उससे बच नहीं सकते। जो बातें समाज की जानकारी में आ जाती हैं, पकड़ में आ जाती हैं, उन पर...
- छिपकलियाँ कहाँ से आयीं?...? उन्होंने कहा कि वहाँ मक्खियाँ भिन−भिना रही थीं और उन मक्खियों के भिनभिनाने की वजह? उन्होंने कहा रा...
- छिपकलियाँ क्यों आतीं?...? कुत्ते क्यों आते? दंगा क्यों होता? और बलवा क्यों होता? और खजाने पर हमला क्यों बोला गया होता? छोटी ...
- छिपा हुआ क्यों खाएँगे?...? आज तक हमने ऐसी कोई चीज नहीं खाई। हमने आपका एक फल भी नहीं चखा है। कौन-सा खट्टा है और कौन सा मीठा है, ...
- छिलके से क्या मलतब है?...? छिलके से हमारा मतलब कर्मकाण्डों से है। कर्मकाण्ड छिलका हैं? हाँ बेटे! छिलका उसकी हिफाजत के लिए बना है,...
- छींक आना, आँख के पलक आदि में फड़कन होना, यह शरीर की साधारण क्रियाएँ हैं, इनके साथ शुभ-अशुभ की संगति बिठाने का क्या तुक हो सकता है?...? मरने के बाद प्राणी दूसरे शरीर में चला जाता है, अन्यत्र जन्म धारण कर लेता है। फिर उसको सुविधाएँ पहु...
- छुटपुट कर्मकाण्डों से ही आत्मा की प्राप्ति हो जाया करे, तो कष्टसाध्य तपस्वी-जीवन में प्रवेश करने की आवश्यकता ही क्या रह जाए?...? हमें पूरे विश्वास के साथ यह मान लेना चाहिए कि कीमती चीजें उचित मूल्य चुकाने पर ही मिलती हैं।...
- छोटा बच्चा इंतजार में बैठा रहा कि मम्मी पिता जी कब आयेंगे, डैडी कब आयेंगे?...? अभी आते होंगे। थोड़ी देर में थककर आयेंगे, फिर फ्रेश होंगे, फिर सिनेमा देखने जायेंगे। बच्चा शाम को सो...
- छोटा सा मौलाना अबुल कलाम आजाद क्या हो गया?...? हिन्दुस्तान का शिक्षामंत्री। पं जवाहर लाल नेहरू एक वकील के लड़के थे। क्या हो गए? प्रधानमंत्री हो गए और...
- छोटा-सा मौलाना अबुल कलाम आजाद क्या हो गया?...? हिन्दुस्तान का शिक्षामंत्री। पं० जवाहर लाल नेहरू एक वकील के लड़के थे। क्या हो गए? प्रधानमंत्री हो गए ...
- छोटी सी चिन्गारी हैं तो क्या?...? छोटे से सितारे के समान हैं तो क्या? हमारा यह प्रकाश विश्व को रास्ता दिखाने के लिए काफी है। लोग हमा...
- छोटी-छोटी बेटियाँ चिल्लाती और रोती होंगी?...? नहीं बेटे! कोई मैट्रिक, कोई इण्टर, कोई बी० ए० तक पढ़ी हुई हैं। अभी ४५ लड़कियाँ तो ग्रेजुएट और पोस्ट ...
- छोटी-छोटी बेटियाँ चिल्लाती और रोती होंगी?...? नहीं बेटे! कोई मैट्रिक, कोई इण्टर, कोई बी०ए० तक पढ़ी हुई हैं। अभी ४५ लड़कियाँ तो ग्रेजुएट और पोस्ट ग्र...
- छोटे बच्चे-बच्चियाँ चिल्लायीं-क्या माताजी हमको शहद मिल जायेगा?...? नहीं, यह तो जमा करके रखा जायेगा और इससे बहुत मुनाफा कमाया जायेगा। एक दिन बन्दर आया और छत्ते को तोड़...
- छोटे बच्चों का मुण्डन-संस्कार क्या है?...? मुण्डन-संस्कार हर एक के यहाँ पर होता है और हर हिन्दू यह चाहता है कि हमारे बच्चों का मुण्डन हो और वह ...
- छोटे बच्चों की बात दूसरी है, अब बड़ी आयु के व्यक्ति माता-पिता की मृत्यु तक पर तो बाल कटाते नहीं जनेऊ धारण करने के लिए उन्हें कटाने को भला क्यों तैयार हों?...? अभिभावक भी इस महँगाई और व्यस्तता के दिनों में उससे कतराने लगे और धीरे-धीरे अपनी संस्कृति के प्रधान च...
- छोटे बच्चों के दाँत होते हैं और वे उखड़ जाते हैं कि नहीं?...? हाँ साहब! हमारे बच्चे के भी दाँत उखड़ गये थे। अच्छा, यह बताओ कि पहले बच्चा हुआ था कि बूढ़ा। साहब! पहले...
- छोटे भाई के यहाँ से आ रहा है?...? हाँ तो ठीक है, पर तो खाना-पीना खा ही आया होगा? चल तो अच्छा रहा, बैठ जा और बता तेरे घर में सब कैसे है...
- छोटे भाई-बहनों को पढ़ाएँगे नहीं?...? बहन का ब्याह नहीं करेंगे? आप बड़े हैं तो इसका मतलब यह हो गया कि आपको औरों का भी ध्यान रखना चाहिए।...
- छोटे से टापू पर निवास करने वाले ६ करोड़ अंग्रेज लोगों ने सारे संसार पर राज्य क्यों कर डाला?...? उत्तर यही है कि वे पुरुषार्थी थे और हैं। पुरुषार्थ का सबसे बड़ा चिह्न नियमित दिनचर्या है। अंग्रेज जा...
- छोटे से सितारे के समान हैं तो क्या?...? हमारा यह प्रकाश विश्व को रास्ता दिखाने के लिए काफी है। लोग हमारे पास आकर कहें कि हमारा बाप ऐसे जिय...
- छोटे हैं तो क्या?...? नाचीज हैं तो क्या? आपके अन्दर जो देवत्व उदय हो चुका है अब, तब इतनी-सी कमी है कि इसको बार-बार जगाना पड...
- छोटे-छोटे कार्यक्रम कर लेते हैं, बड़े कर लेते हैं, पर अब क्या करना है?...? यह नहीं होना चाहिए, निरन्तर क्रियाशीलता आपके अन्दर बनी रहनी चाहिए। आपके पिता के अन्दर, आपके गुरु के ...
- छोटे-छोटे बालक, छोटे-छोटे स्कूलों में लम्बी-लम्बी जिंदगियाँ व्यतीत कीं, पर वैसा निर्मल और निश्चल प्रेम कहाँ देखा हमने?...? हमने आपको कोकाकोला पिला दिया और पान भी खिलाये, लेकिन इस खिलाने, पिलाने के पीछे भी एक चाल थी। आपकी ...
- छोटे-बड़े पहिये की गाड़ी कैसे चलेगी?...? हल में एक ओर बैल जुता हो दूसरी ओर बकरा, तो जुताई कैसे होगी? हाथ-पैरों में से एक छोटा हो एक बड़ा तो च...
- छोड़कर भागूँगा क्या?...? चला जाऊँगा क्या? मैं यही सोचता रहा। फिर एक दिन मेरे भीतर कुछ प्रकाश आया और उसने कहा कि डरने की कोई ज...
- जँवाई क्या होता है?...? जँवाई उसे कहते हैं जिसके साथ लड़की की शादी कर देते हैं। तो आपने इसको क्यों दिया? इसलिए दिया जिससे ये...
- जँवाई क्या होता है?...? जँवाई उसे कहते हैं जिसके साथ लड़की की शादी कर देते हैं। तो आपने इसको क्यों दिया? इसलिए दिया जिससे ये...
- जंगल में रहता हूँ या गाँव में?...? मुझे सींग हैं या नहीं? मैं दूध देती हूँ क्या? मैं शाकाहारी हूँ या माँसाहारी? इत्यादि।
सामान्यतः १५ स...
- जंगल में रहते हैं तो क्या?...? जप करते हैं तो क्या? गंगा में नहाते हैं, तो क्या? इनने केवल एक काम किया है—अधूरा काम और उसका नाम है—...
- जंगल में से हाथी पकड़ना चाहते थे, बेचेंगे तो हाथी पकड़कर लाइए न?...? हाथी पकड़ने में तो बड़ा भारी पसीना आता है, बहुत मुश्किल पड़ती है। बेटा! हाथी पकड़ना क्या समझते हो सरल है...
- जंगलियों ने पूछा—क्या हुआ आपको?...? क्या कष्ट हो गया आपको? उन्होंने कहा—यहाँ हमारा धन रखा था और कोई चुरा ले गया। उन्होंने कहा—फिर आपके क...
- जंगली जानवर—हिरन, खरगोश, हाथी, चीते, गैण्डे कोई बीमार रहता है क्या?...? क्या कभी आपने किसी हिरन को जुकाम होते देखा है? किसी खरगोश को खाँसी होते-खाँसते देखा है क्या? कोई भी ...
- जंगली पेड़ और माली के बगीचे के लगाये हुए पेड़ उनको आपने देखा नहीं है क्या?...? कैसे बढ़िया-बढ़िया गुलाब के फूल आते हैं! रंग-बिरंगे फूल आते हैं। ये माली के हाथ की करामात है। क्यों? उ...
- जंगलों में घूमने वाले जानवर क्यों बीमार नहीं पड़ते?...? आदमी और आदमी की बन्दगी में रहने वाले जानवर क्यों बीमार होते हैं?
उसका एक कारण है कि हमको वह गायत्...
- जंजाल किसे कहते हैं?...? माया को। माया किसे कहते हैं? बेवकूफी को। बेवकूफी किसे कहते हैं? जैसी कि हमने और आपने अपने-अपने ऊपर अ...
- जकीर ने उसे पकड़ लिया पर खाने को ही थे कि आत्मा से आवाज आई-जो वस्तु तेरी नहीं है, तैने कमाई नहीं उसका उपयोग करना क्या पाप नहीं?...? जकीर सेव लेकर उसके मालिक का पता लगाने चल पड़े। सेव बुखारा की राजकुमारी के बाग का था। राजकुमारी को पता...
- जगद्गुरु कहलाते थे, चक्रवर्ती शासक कहलाते थे और न जाने क्या-क्या कहलाते थे?...? ये सारी की सारी विशेषताएँ जो भारतीय गरिमा के साथ जुड़ी हुई हैं, असल में अगर हम इनका प्राण ढूँढ़ना चाहे...
- जगद्गुरु शंकराचार्य का क्या किस्सा सुनाऊँ आपको?...? आप सब जानते हैं। स्वामी दयानंद के बारे में क्या बताऊँ आपको? आप सब जानते हैं। एक दिन दो साँड़ लड़ते ह...
- जगह खराब करते रहे, घरवालों की नाक में दम करते रहे और खुद की नाक में दम करते रहे, उन लोगों की जिन्दगी के लिए मैं क्या कहूँ?...? सेहत की दृष्टि से हमारी जिन्दगी, आउटपुट की दृष्टि से हमारी जिन्दगी बहुत शानदार है।
यह एक ऐसी जिन्द...
- जटायु ने सौभाग्य पाया?...? हाँ पाया। भगवान की भक्ति पायी। भगवान का प्यार पाया, पर उसकी कीमत चुकाई। शंकर भगवान के रास्ते पर चल...
- जटायु बेशक हार गया, लेकिन भगवान आए और जटायु को उठाकर कलेजे से लगा लिया और अपने आँसुओं से उसके घावों को धोया और छाती से लगाकर कहा जटायु मैं तुझे जिन्दा कर दूँ तब?...? उसने कहा—नहीं महाराज जी! जीवन का जो सबसे बड़ा लाभ था, सो मैंने पा लिया। अब मैं जिन्दा रह करके क्या कर...
- जड़ को काटे बिना विषवृक्ष की कुछेक पत्तियाँ तोड़ देने भर से क्या कुछ बनने वाला है?...? एक नाम रूप वाली विपत्तियाँ दूसरे नाम रूप से सामने आएँ, इसके अतिरिक्त वैज्ञानिक उपचारों से और कुछ हेर...
- जड़ता किसे कहते हैं?...? जड़ता उसे कहते हैं कि जानवर तब तक कुछ करने के लिए रजामंद नहीं होता, जब तक कोई मजबूरी उसके सामने न आ ...
- जड़ों से क्या मतलब है?...? जड़ों से मेरा मतलब है बेटे! ईमान। आदमी का व्यक्तित्व वह नहीं है, जो बाहर दिखाई पड़ता है। किसी का चेह...
- जन कल्याण के सरञ्जाम जुटाए?...? उल्टे प्रवाह का मोड़कर सीधी दिशा में चलने के लिए लोकमानस को नियोजित करने का तारतम्य बिठाएँ? समय की अ...
- जन सम्पर्क के लिए, जन सम्पर्क किसके लिए?...? धर्म धारणा जागृत करने के लिए, विचार क्रान्ति के लिए, जन मानस का परिष्कार करने के लिए, लोक मानस में आ...
- जन सम्पर्क बढ़ायेंगे नहीं?...? सेवा के लिये कदम बढ़ायेंगे नहीं? जो काम करने हैं, करेंगे नहीं। नहीं साहब! हमने गलती सुधार ली। गलती सु...
- जन सहयोग मिलने के कारण से आदमी छोटी से छोटी हैसियत का होने पर भी ऊँची से ऊँची हैसियत तक कैसे पहुँचता हुआ चला जाता है, आप समझते क्यों नहीं?...? आपने इतिहास पढ़ा है या नहीं? आप इतिहास पढ़िए। नहीं साहब! हमने तो सब पढ़ा है। किसका पढ़ा है? वायसराय का...
- जन साधारण की समस्याओं के
सामाधान में यदि अध्यात्म का प्रयोग नहीं होगा, तो श्रेष्ठता कैसे पनपेगी और दुष्टता
कैसे निरस्त होगी?...? फिर भगवान् का उद्यान सूखता, कुम्हलाता और नष्ट-भ्रष्ट होता
ही दीख पड़ेगा।.....वह शक्ति इन दिनों पर...
- जन साधारण की समस्याओं के सामाधान में यदि अध्यात्म का प्रयोग नहीं होगा, तो श्रेष्ठता कैसे पनपेगी और दुष्टता कैसे निरस्त होगी?...? फिर भगवान् का उद्यान सूखता, कुम्हलाता और नष्ट-भ्रष्ट होता ही दीख पड़ेगा। यदि मूर्धन्यजन लोक मंगल को ...
- जन-जन को इसका पाठ कौन पढ़ाएगा, हर किसी को स्वार्थ में कटौती करके परमार्थ में हाथ डालने के लिए कौन विवश करेगा?...? इसका उत्तर आज तो नहीं दिया जा सकता; किन्तु कल-परसों ऐसा समय अवश्य ही आयेगा, जिसमें सत्प्रवृत्ति संवर...
- जन-मानस का उत्तर गिरा हुआ हो तो ऊँचे, अच्छे, समर्थ और सजीव व्यक्तित्व नेतृत्व के लिए कहाँ से आएँगे?...? व्यक्ति और समाज की समग्र प्रगति के लिए चिन्तन की स्वस्थ दिशा एवं उत्कृष्टता दृष्टिकोण का होना अनिवार्...
- जन-शक्ति, धन-शक्ति और साधन-शक्ति इस प्रयोजन में लगी है, उसे उलट कर नये क्रम में लगाने की विकट समस्या को असम्भव से सम्भव कैसे बनाया जाए?...? ।इस सब में भयंकर है मनुष्य का उल्टा चिन्तन, संकीर्ण स्वार्थपरता से बेतरह भरा हुआ मानस, आलसी, विलासी ...
- जन-सहयोग कहाँ से खिंचता हुआ आता है?...? न जाने कहाँ से जादू का मैग्नेट खिंचता हुआ चला आता है? आज गुरुकुल में लाखों-करोड़ों रुपये की सम्पत्त...
- जनक ने पूछा कि कोई खराब वस्तु हो और हम यज्ञ न कर पाएँ, तो कैसे हवन करें?...? तब याज्ञवल्क्य जी ने कहा—‘‘यज्ञ करना तो आवश्यक है। वह तो करना ही चाहिए। गायत्री और यज्ञ तो हमारी भार...
- जनता अपनी रोटी, कपड़ा, दवा, मनोरंजन आदि का खर्च स्वयं उठाती है, इसके लिए सरकार से अनुदान नहीं माँगती, तो फिर भावनात्मक नव-निर्माण की शिक्षा के लिए सरकार का मुँह ताका जाय, इसकी क्या आवश्यकता है?...? साहित्यकारों से इसी दिशा में लेखनी उठाने के लिए कहा जा रहा है। कवियों से मूर्छना को जागृति में परिणि...
- जनता का सहयोग कौन जगाएगा?...? जनता का सहयोग सरकार जगा नहीं सकती, इसे हम जगाएँगे। जिस तरह पक्षी के दो पंख होते हैं उसी तरह एक पंख...
- जनता का सहयोग कौन जगाएगा?...? जनता का सहयोग सरकार जगा नहीं सकती, इसे हम जगाएँगे। जिस तरह पक्षी के दो पंख होते हैं उसी तरह एक पंख र...
- जनता की बात कहूँ, हाँ जनता की बात कहूँगा और भगवान की बात?...? भगवान की बात भी कहूँगा, हरेक की बात कहूँगा। मैं कहूँगा कि अगर आपका व्यक्तित्व और आपका अन्तर्मन सच्चे ...
- जनता की बात कहूँ, हाँ जनता की बात कहूँगा और भगवान् की बात?...? भगवान् की बात भी कहूँगा, हरेक की बात कहूँगा। मैं कहूँगा कि अगर आपका व्यक्तित्व और आपका अन्तर्मन सच्चे...
- जनता की यह दशा और जनता का सेवक कहा जाने वाला मैं धोती-कुर्ता सभी से लैस?...? इतना ही नहीं एक जोड़ी झोले में भी पड़े हैं। इससे अधिक शर्मनाक बात क्या होगी? उन्होंने चुपचाप झोले से...
- जनता के मन में यदि एक जाग्रति का भाव आ जाए कि हमें अपने प्रति, राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों और जिम्मेदारियों को निभाना है तो फिर क्या कुछ नहीं हो सकता?...? हर बात के लिए गवर्नमेण्ट से शिकायत करना या और किसी का मुख देखना मुनासिब नहीं है। कुछ काम ऐसे हैं ज...
- जनता के मन में यदि एक जाग्रति का भाव आ जाए कि हमें अपने प्रति, राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों और जिम्मेदारियों को निभाना है तो फिर क्या कुछ नहीं हो सकता?...? हर बात के लिए गवर्नमेण्ट से शिकायत करना या और किसी का मुख देखना मुनासिब नहीं है। कुछ काम ऐसे है जिन्...
- जनता को कैसे बहकाया जा सकता है, कैसे पैसा लिया जा सकता है और किस तरीके से उलटी पट्टी पढ़ाई जा सकती है?...? ने वह सब कुछ होता रहेगा। यदि जनता समझदार और जागरूक है तो फिर इन चालाकियों की बारीकी को वह समझ जाएगी ...
- जनता पर जनता का राज्य—यह भी कोई बात है?...? हर आदमी को आर्थिक क्षेत्र में समान अधिकार मिलना चाहिए, भला यह भी कोई बात है? पाँचों उँगलियाँ छोटी-बड...
- जनता पार्टी में चली गई तो क्या?...? और प्रजापार्टी में चली गई तो क्या? सोशलिस्ट में चली गई तो क्या? इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या? ...
- जनता भी इस झंझट में नहीं पड़ती थी कि इन दिनों किन सत्प्रवृत्तियों के अभिवर्धन को प्राथमिकता दी जाय?...? यह निर्णय साधु ब्राह्मणों की परिषद ही करती थी।
धार्मिक जनता साधु ब्राह्मणों को, तीर्थ, देवालयो...
- जनमानस में फैली हुई जो विकृतियाँ हैं, मज़हब के नाम पर, जातिवाद के नाम पर, दहेज के नाम पर जो भ्रष्टाचार और अनाचार फैला हुआ है, इसका जिहाद कौन बोलेगा?...? आप लोग जो बैठे हैं, जिनके अन्दर जो बीज डाला जा चुका है।
आपको तो मालूम नहीं है कि आपके अन्दर वह बीज...
- जनरेटर कहाँ लगे हुए हैं?...? यहाँ से बहुत दूर रुड़की के पास बहादराबाद पथरी नाम की जगह है, वहाँ बिजलीघर बने हुए हैं। यहाँ जो बत्ति...
- जनसम्पर्क किसके लिए?...? धर्मधारणा जाग्रत करने के लिए, विचार-क्रान्ति के लिए, जनमानस का परिष्कार करने के लिए, लोकमानस में आदर...
- जनसम्पर्क के लिए जाओगे क्या?...? नहीं गुरुजी! हम नहीं जाएँगे। लोक-कल्याण का काम करोगे क्या? नहीं। अपनी संकीर्णता को त्यागोगे क्या? नह...
- जनेऊ कान पर चढ़ाया और लोटा हाथ में लिया और कहाँ पहुँचे?...? आगरा छावनी, जहाँ कि कांग्रेस छावनी थी। वहाँ पहुँच गए। सारा घर देखता ही रह गया। घरवालों ने सारे गाँव ...
- जनेऊ के बारे में, यज्ञोपवीत के बारे में आपको ये क्यों और कैसे का जवाब देना पड़ेगा?...? गायत्री मंत्र और यज्ञ की व्याख्या करनी पड़ेगी। हिन्दू धर्म और हिन्दू संस्कृति की व्याख्या करनी पड़ेगी।...
- जनेऊ क्या चीज है?...? जनेऊ एक रस्सा है। किस बात का रस्सा है। आदमी को नीति का अनुशासन, मर्यादाओं का अनुशासन, मानवीय कर्तव्य...
- जनेऊ पहना तो दिया आपने, जनेऊ पहनाने की दक्षिणा भी दे दी पण्डित जी को और हवन भी करा दिया और ब्रह्मभोज भी करा दिया, हजारों रुपए भी खरच कर दिए लेकिन यज्ञोपवीत पहनने के बाद जब बच्चे ने पूछा-पिताजी ये क्या है?...? इसे क्यों पहनते हैं? हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है? तब आपका जवाब होता है-चुप बे, ज्यादा बोलता है। हम...
- जनेऊ पहना तो दिया, आपने जनेऊ पहनाने की दक्षिणा भी दे दी पण्डित जी को और हवन भी करा दिया और ब्रह्मभोज भी करा दिया—दो हजार रुपए भी, खर्च कर दिए, लेकिन यज्ञोपवीत पहनने के बाद जब बच्चे ने पूछा पिताजी ये क्या है?...? इसे क्यों पहनते हैं? हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है? तब आपका जवाब होता है—चुप बे, ज्यादा बोलता है। हम...
- जनेऊ में अगर हमारी निष्ठाएँ और आस्थाएँ शामिल हो जाएँ तो क्या से क्या हो सकता है?...? उस श्रद्धा को जिस श्रद्धा के आधार पर हैवान को इनसान बनाने के लिए जनेऊ पहनाया जाता है। उसके स्थान मौल...
- जनेऊ से क्या हो सकता है?...? इसको हिन्दू धर्म की, हिन्दू संस्कृति की स्थापना करने के लिए और उसकी विचारणा और प्रेरणाओं को हर घर में,...
- जनेऊ से क्या हो सकता है?...? इसको हिन्दू धर्म की, हिन्दू संस्कृति की स्थापना करने के लिए और उसकी विचारणा और प्रेरणाओं को हर घर मे...
- जनेऊ हम कैसे पहनेंगे?...? हमारे तो पिताजी जिन्दा हैं। क्या हम मार डालें पिता को? नहीं आप मार न डालें पिता को। तो क्या करेंगे? ...
- जन्म और मृत्यु हमारी जिन्दगी के दो शानदार पहिये हैं?...? जिन्दगी के बारे में भी हमको हर रोज विचार करना चाहिए और मौत के बारे में भी हमको हर रोज विचार करना चाह...
- जन्म से मरण पर्यन्त एक छोटे से पिंजड़े में घुटते रहना पड़े और शिक्षा की प्रकाश किरणें समीप तक न पहुँचे तो समाज संसार से पूरी तरह कटी हुई नारी का बौद्धिक विकास कैसे सम्भव होगा?...? भावना पर खराद चढ़ाने वाली संगीत साहित्य कला का जिसे दर्शन तक नहीं होता उससे उदात्त और परिष्कृत भावना...
- जन्म से मरण पर्यन्त एक छोटे से पिंजड़े में घुटते रहना पड़े और शिक्षा की प्रकाश किरणें समीप तक न पहुँचे तो समाज-संसार से पूरी तरह कटी हुई नारी का बौद्धिक विकास कैसे होगा?...? भावनाओं पर खराद चढ़ाने वाली संगीत साहित्य कला का जिसे दर्शन तक नहीं होता उससे उदात्त और परिष्कृत भाव...
- जन्म से ही पागल होता तब?...? क्या वह मशक्कत या पुरुषार्थ से पास हो सकता था? कदापि नहीं। चाहे वह कितना भी परिश्रम कर लेता, वह सफल ...
- जन्म-जन्मान्तरों के संस्कार न जाने आपके कैसे हैं?...? आप अपना फर्ज पूरा कीजिए, कर्तव्य पूरा कीजिए। अपना कर्तव्य पूरा करते चले जाएँगे, तो मैं ये कहता हूँ द...
- जन्मते हैं तो उनके साथ जुड़कर स्वल्प पराक्रम से असीम यश पाने का सुअवसर हर किसी को कहाँ मिलता है?...? इसे दैवी वरदान या पूर्व संचित पुण्यों का प्रतिफल ही कहना चाहिए कि महानता उभरे और उनके साथ सघनता स्था...
- जप और अनुष्ठान कोई जादुई चमत्कार कैसे दिखा पायेंगे?...? नहीं, अध्यात्म जादू-चमत्कार जैसा नहीं है। अध्यात्म तो हम मानसिक पुरुषार्थ को कहते हैं, इसलिए मानसिक ...
- जप करते हैं तो क्या?...? गंगा में नहाते हैं, तो क्या? इनने केवल एक काम किया है—अधूरा काम और उसका नाम है—भजन। अकेला भजन अधूरा ...
- जप करते हैं तो बहुत खुशी की बात है, लेकिन मैं यह कहता हूँ कि अक्षरों के जपने के साथ-साथ में, अक्षरों को दुहराने के साथ-साथ में, उसके पीछे, पेट्रोल कहाँ से आता है?...? यह भी देखिए। गाड़ी कहाँ से चलेगी? यह भी तो देखिए। हमारे पास बन्दूक है। बन्दूक तो है, पर चलेगी कहाँ से? ...
- जप करने का महत्त्व क्या मैं अकेला ही जानता हूँ?...? दूसरे किसी ने जप नहीं किया? बहुतों ने जप किया, फिर फल क्यों नहीं मिला? फल इसलिए नहीं मिला कि लोगों न...
- जप करने की विधि क्या होती है?...? स्थापना करने की विधि क्या होती है? वस्त्रों का उपयोग कैसे होता है? जीभ का उपयोग, मन का उपयोग, वस्त्र...
- जप करने के लिए माला की आवश्यकता?...? हाँ, आवश्यकता। गायत्री मंत्र का पूजन करने के लिए रोली, चन्दन, धूप-दीप की आवश्यकता? हाँ! आवश्यकता। यह...
- जप करने से और महात्मा कैसे हो जाते हैं?...? महात्मा बेटे! हो जाते हैं —— ‘महात्मा गाँधी नमः—महात्मा गाँधी नमः’ से और रुपये वाला? रुपये वाला घनश्...
- जप कितना करते थे?...? अनुष्ठान कितना करते थे? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकिन इतना मुझे मालूम है कि कबीर अपना पेट पालने के...
- जप कितना करते थे?...? अनुष्ठान कितना करते थे? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकिन इतना मुझे मालूम है कि कबीर अपना पेट पालने के...
- जप किये थे?...? तप किये थे? ध्यान-धारणा की थी? सुग्रीव जी ले आये थे, कुछ नहीं की थी। बन्दर थे खाली तब। जब भगवान से म...
- जप किसका करना चाहिए?...? कितना करना चाहिए? गायत्रीमंत्र का जप करना चाहिए क्योंकि प्रज्ञा की देवी वह ही हैं। कितनी माला करनी च...
- जप किसका करना चाहिए?...? कितना करना चाहिए? गायत्री-मन्त्र का जप करना चाहिए; क्योंकि प्रज्ञा की देवी वही है। कितनी माला करनी च...
- जप किससे होता है?...? शब्द से। और शब्द कहाँ से निकलता है? हमारी वाणी से निकलता है। इसे जपयोग कहते हैं। जप के भी दो भाग है—...
- जप किससे होता है?...? जप जीभ की नोक से होता है और उँगलियों से माला घुमा देते हैं। यह क्या है? यह क्रिया कहलाती है। क्रिया ...
- जप किससे होता है?...? शब्द से। और शब्द कहाँ से निकलता है? हमारी वाणी से निकलता है। इसे जपयोग कहते हैं। जप के भी दो भाग हैं...
- जप किसे कहते हैं?...? जप बार-बार का रेपिटिशन है। रेपिटिशन क्या है? जैसे हम मिट्टी लेते हैं और हाथ धोते हैं। अरे साहब! यह क...
- जप क्या है?...? जीभ की नोंक से किया हुआ जप विशुद्ध शारीरिक क्रिया है। तीर्थों की परिक्रमा शारीरिक क्रिया है। गंगा ...
- जप में हमको क्यों लगा दिया?...? आप रोज जप क्यों कराते हैं? बेटे! इसलिए जप कराते हैं कि कोई चीज हमारी खो गई है और हम तलाश करते हैं कि...
- जप-अनुष्ठान जो आप से कराया जा रहा है क्या आप घर नहीं कर सकते थे?...? जरूर कर सकते थे। जो पुस्तकें पढ़ने का जो नियम-मर्यादा पालन करने के लिए यहाँ कहा गया है आप घर पर भी क...
- जब
होश-हवास ही दुरुस्त नहीं, तो समस्या क्या?...? और उसका समाधान खोजने का क्या मतलब?
पर जब मानवी गरिमा की गहराई तक उतरने की स्थिति बन पड़े तो फिर म...
- जब आप चौथे बच्चे का पालन कर सकते हैं, उसे रोटी दे सकते हैं, उसी गरीबी में से, तो आप एक हिस्सा भगवान को क्यों नहीं दे सकते?...? कृपण कहीं का, निष्ठुर कहीं का। फिर बार-बार यह क्यों कहता है कि कंगाली में आ गया। जब कंगाली में आ ग...
- जब इतना सस्ता अध्यात्म है, तो आपको महँगा खरीदने की क्या जरूरत पड़ेगी?...? समय साध्य है यह साथियो! कल मैं आपको यह समझा रहा था कि आपकी आस्तिकता, ईश्वर विश्वास क्या है? यह इस ...
- जब मैं कर्मकाण्ड में बैठा रहता हूँ, तो उसमें भावनाओं का सम्मिश्रण होने के बाद क्या मजा आता है?...? यही पूजा करने की विधि मैं आपको सिखाने वाला था।मित्रो! उपासना अगला वाला हिस्सा नाम जप के बाद शुरू होत...
- जब अक्षत चढ़ाएँ, 'अक्षतं समर्पयामि' तब क्या विचार करना चाहिए?...? महराज जी, अक्षत से क्या फायदा है? बेटे, अक्षत से आपके विचार से यह फायदा है कि गणेश जी को कोई खाना दे...
- जब अधिकांश लोग पैसा और वाह-वाही लूटने के अतिरिक्त और कोई तीसरी बात सोचते ही नहीं, तो हमें ही एकाकी दिशा-निर्धारिण की बात सोचकर प्रस्तुत समुदाय के सामने क्यों उपहासास्पद बनना चाहिए?...? यह प्रश्न पूछती है, वह तथाकाथित समझदारी, जो आम लोगों पर पूरी तरह हावी है।
आदर्शों की बात कहने-सुनन...
- जब अपना उपार्जन श्रम, सहयोग किसी को देना ही है तो उन्हें देवताओं, ऋषियों एवं सदुद्देश्यों के लिए ही क्यों न दिया जाय?...? इस उदार नीति को अपनाने वाले बैंक में जमा की गई पूँजी की तरह ब्याज समेत लम्बा लाभ पाते हैं, जबकि मोह ...
- जब अपना छोटा सा घर-परिवार सँभाल नहीं पाते, तो नया इनसान बनाने, नया संसार बसाने और नया भगवान् बुलाने जैसी असम्भव दीख पड़ने वाली सृजन प्रक्रिया को विजयश्री वरण करने की सफलता कैसे मिले?...? नि:सन्देह कठिनाई बड़ी है और उसे पार करना भी दुरूह है। पर हमें उस परम सत्ता के सहयोग पर विश्वास करना ...
- जब अपनी ही आत्मा दूसरों में जगमगा रही है तो किससे मुँह मोड़ा जाय?...? किससे नाता तोड़ा जाय? जो हमें नहीं भुला पा रहे हैं, उन्हें हम कैसे भूल जाएँगे? जो साथ घुले और जुड़े ...
- जब अहं शरीर से जुड़ा हुआ है, तो वह क्या चाहता है?...? शरीर के जो सूराख हैं, इन सूराखों में खुजली मचा करती है।
आँख के सूराख में खुजली मचा करती है। जिस ...
- जब आकांक्षा तक मर गई, तो उत्कर्ष की पक्षधर हलचलें भी कहाँ से, कैसे उभर सकेंगी?...? मानव जीवन का परम पुरुषार्थ, सर्वोच्च स्तर का सौभाग्य एक ही है कि वह अपनी निकृष्ट मानसिकता से त्राण प...
- जब आदमी की जीवात्मा ही मरती चली जायेगी तो पैसा क्या करेगा?...? आदमी पैसा नहीं है, आदमी हड्डियाँ नहीं है और माँस भी नहीं है। आदमी के भीतर एक सोल काम करती है, चेतन...
- जब आप उपर्युक्त किसी रोग से आक्रान्त हों तो अपने आहार का सावधानी से परीक्षण कर मालूम कीजिए कि उसमें किसी विशेष विटामिन की न्यूनता है?...? जिन शाक, तरकारियों अथवा फलों में वह पाया जाता है, उन्हें खुराक में सम्मिलित कर सन्तुलित आहार लिया कीज...
- जब आप ऐसा कहना शुरू कर देते हैं तब हम आपसे नाराज होते हैं और यह कहते हैं कि असलियत को क्यों नहीं समझते?...? असलियत को समझिए। असलियत को जब आप समझेंगे नहीं तो आप मूर्ति-पूजक नहीं रहेंगे फिर आप बुत-परस्त हो जाएँ...
- जब आप किसी व्यक्ति विशेष को हानि पहुँचाने की बात सोचते हैं तो वह द्वेष हो जाता है और जब आप उसके दोषों को, दुर्गुणों को, कमियों को हटाने की बात सोचते हैं तब?...? तब फिर कोई दिक्कत नहीं पड़ती। आप ऐसा कीजिए न! ऐसा करेंगे, तब आप देखेंगे कि आप स्वर्ग में रहने वाले द...
- जब आप किसी व्यक्ति विशेष को हानि पहुँचाने की बात सोचते हैं तो वह द्वेष हो जाता है और जब आप उसके दोषों को, दुर्गुणों को, कमियों को हटाने की बात सोचते हैं तब?...? तब फिर कोई दिक्कत नहीं पड़ती। आप ऐसा कीजिए न! ऐसा करेंगे, तब आप देखेंगे कि आप स्वर्ग में रहने वाले द...
- जब आप कोष्ठ शुद्धि अथवा आत्म-शुद्धि कि निमित्त उपवास करते हैं, तो भोजन ठूँसने से क्या लाभ?...? उपवास करने का मुख्य आशय तो इन्द्रियों की प्रबलता एवं चंचलता नष्ट करना है। अतः भोजन खान-पान के बखेड़े...
- जब आप यही मान बैठे हैं कि गीता के पाठ से ही हमारा काम चल जायेगा, तो फिर जीवन में आप उसे उतारेंगे क्यों?...? आप मुसीबत उठायेंगे क्यों? आप अपने आपसे जद्दोजहद करेंगे क्यों? आप अपने जीवन में इन सिद्धान्तों का स...
- जब आप लड़ाई न लड़ें और हिम्मत नहीं दिखाएँ और संघर्ष न करें?...? तपस्वी न हों तब? तब आप कदम-कदम पर असफल होते रहेंगे।तपस्वी का एक अर्थ लड़ने वाला भी होता है, संघर्षशील...
- जब आप संगठित हो जाएँगे और जिधर भी निकलेंगे, जैसे अभी आप जब हरिद्वार में निकलते हैं, तो सारे के सारे यह देखते हैं कि ये कौन आ गए?...? ये सेना कहाँ की आ गई? किनकी है? शान्तिकुञ्ज वालों की, गुरुजी की है ये सेना। अन्य जगह तो दिखाई नहीं प...
- जब आप सोएँगे न, तो आपके घर जाया करेंगे?...? घर जाया करेंगे और स्वप्न में आया करेंगे और चुपके से आपके कानों को मरोड़ दिया करेंगे और जब हम नहीं रह...
- जब आप हमारे बदले की बात कह सकते हैं तो आप परिक्रमा या भाँवर क्यों नहीं ले सकते?...? आप आपस में एक-दूसरे की बाँह पकड़ लीजिए और बाकी सभी काम पूरा कर लीजिए और हमें जाने दीजिए। बात तो थी मज...
- जब आप हमारे बदले की बात कह सकते हैं, तो आप परिक्रमा या भाँवर क्यों नहीं ले सकते?...? आप आपस में एक−दूसरे की बाँह पकड़ लीजिए और बाकी सभी काम पूरा कर लीजिए और हमें जाने दीजिए। बात तो थी मज...
- जब आपका मरने का दिन आयेगा तब फिर क्या होगा?...? तब आपको यहाँ से जाने के बाद में सीधे भगवान के दरबार में जाना पड़ेगा, और सिर्फ एक बात का जवाब देना पड़े...
- जब आपका शरीर नहीं रहेगा, तो आप कहाँ दिखाई पड़ेंगे?...? अरे बेटे! यह मत कहना।
अरविन्द के आश्रम में अभी भी जाते हैं और वही शक्ति पाते हैं, जो जब वे थे तब ज...
- जब आपकी मिलिट्री पुल पर से होकर के निकलती है, तो आपके जो सिपाही होते हैं, खटपट-खटपट, लेफ्ट-राइट, लेफ्ट-राइट ऐसे चलाते हैं?...? वाह! ऐसे कैसे चल सकते हैं। तो क्या करते हैं? हम ये कहते हैं पैर-से मिला करके चलिये मत। नहीं हम तो ऐस...
- जब आपके पड़ोस में मृत्यु हुई थी, तो फिर आपको रोना क्यों आया?...? हमको रोना इसलिए आया, क्योंकि वे हमारे थे। हमारे आदमियों की जब मृत्यु होती है, तो हमें शोक होता है। व...
- जब आपके मरने का दिन आएगा, तो फिर क्या होगा?...? तब आपको यहाँ से जाने के बाद में सीधे भगवान् के दरबार में जाना पड़ेगा और सिर्फ एक बात का जवाब देना पड...
- जब आपके सामने एक मौजूद है तो फिर आपने उसमें गुरु को क्यों नहीं झाँका?...? आप झाँकिए और उनको अपना काम करने दीजिए। आप बाध्य मत कीजिए। आप यह मत कहिए कि हम अनाथ हो गए हैं, हमको ग...
- जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखती, केवल-इधर की चीजें ही दिखाई देती हैं तो फिर भीतर की कैसे दिखेंगी?...? इसीलिए गिरेबान में मुँह डाल करके जब हम भीतर तलाश करते हैं तो उसको ध्यान कहते हैं। अपने भीतर झाँकने क...
- जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखाई देती हैं, तो फिर भीतर की कैसे दिखेंगी?...? इसीलिए गरेवान में मुँह डाल करके जब हम भीतर तलाश करते हैं तो उसको ध्यान कहते हैं। अपने भीतर झाँकने का...
- जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दीखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखाई देती हैं, तो फिर भीतर की कैसे दिखेंगी?...? इसीलिए गिरेबान में मुँह डाल करके जब हम भीतर तलाश करते हैं, तो उसका ध्यान कहते हैं। अपने भीतर झाँकने ...
- जब आपको सारी मछली दिखाई पड़ती है, तो भला आप निशाना कैसे लगा सकते हैं?...? दूसरा आया, तीसरा आया, चौथा आया। सबसे सवाल पूछते चले गए और जिन्होंने कहा कि मछली का ये हिस्सा, वो हिस...
- जब आपत्तियाँ ही रास्ता रोके खड़ी है, कठिनाइयाँ ही पग- पग पर हैरान कर रही हैं, तो आगे वाली बात कैसे बन सकती है?...? अब यह देखना चाहिए कि आखिर हुआ क्या? कैसे ऐसी स्थिति आ गई? जब भगवान ने हमको इतने साधन दिए थे कि उन सा...
- जब आपने इतने खरचे बढ़ा रखे हैं, तो आपको बचेगा कहाँ से?...? आपकी अपनी आवश्यकताएँ ही पूरी नहीं हो पा रही हैं, तो आप दूसरों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए कहाँ...
- जब आपने जिम्मेदारी उठाई है, कसम खाई है, शपथ ली है और आपने जिम्मेदारी वहन की है, तो फिर आप गड़बड़ क्यों फैलाते हैं?...? गड़बड़ नहीं फैलाई जानी चाहिए। किसी वर्ग को नहीं फैलानी चाहिए, खास तौर से अध्यापकों को। क्योंकि माँ और ...
- जब इतनी अधिक और इतनी सामयिक समस्याएँ उलझी पड़ी हैं ,, तो हमें उन्हीं पर अपना ध्यान क्यों नहीं केन्द्रित करना चाहिए?...? दर्शन का एक निश्चित लक्ष्य होना चाहिए। अन्तःकरण की सौन्दर्यानुभूति की कलाकारिता को जगाना सत्य के प्रत...
- जब इतने बड़े-बड़े महापुरुष और भगवान के अवतार दुनिया में नहीं रहे, तो और कौन रहेगा?...? अगर अमृत कहीं रहा होता तो इन लोगों ने जरूर पी लिया होता; पर अध्यात्म का एक अमृत है जो आपको यहाँ मिल ...
- जब इतने सारे प्राणी इस क्षेत्र में निवास करते हैं, तो तुम्हारे लिए सब कुछ सुनसान कैसे?...? अपने को छोटा मत बनाओ। जब ‘‘वसुधैव कुटुम्बकम्’’ की बात मानते हो, तब इतने सारे प्राणियों के रहते, तुम ...
- जब इन लोगों को इनसे फायदा नहीं हो सकता, तो हमारे जैसे आदमी कैसे आशा रख सकते हैं कि हमारे रोग-शोक और कषाय-कल्मष दूर होंगे?...? इसलिए मुझे निराश हो जाना चाहिए? मित्रो! मेरा ईमान काँप गया और मैं अनुभव करने लगा कि आज यह सब बातें ब...
- जब इस बात का फैसला उन्होंने कर लिया, तो रामकृष्ण परमहंस के साथ उनकी संगति हो गई तो क्या रामकृष्ण परमहंस ने उनकी सहायता की?...? नहीं ऐसा मत करिए। रामकृष्ण परमहंस के लिए सहायता करना मुमकिन रहा होता, तो हजारों आदमी उनके पास आया कर...
- जब उगाना ही अभीष्ट है तो उखाड़ने का क्या काम?...? सरकार के द्वारा शिक्षा, स्वास्थ्य, परिवहन, उत्पादन, सिंचाई आदि के अनेकों उपयोगी कार्य हाथ में लिए ज...
- जब उनकी इच्छाओं की, तृष्णाओं की आग ज्यादा जलने लगी, आग जब ज्यादा तेज हो गयी तो इन्होंने इस बात पर विचार करने से इंकार कर दिया कि ईमानदारी क्या होती है और बेईमानी क्या होती है?...? आदमी ईमानदारी और बेईमानी का फर्क करना तब बन्द कर देता है, जब उसकी ख्वाहिशें और उसकी तृष्णाएँ और त...
- जब उनको चरु खिलाया गया, तब क्या हुआ?...? उनके बाल-बच्चे होने लगे। यह क्या चीज है? यह यज्ञीय परम्परा की बात है। यह लाइलाज बीमारियों के भी काम आ...
- जब उन्हें स्वर्ग ले जाया गया, तो उन्होंने कहा कि आप मुझे कहाँ ले आए?...? उन्होंने कहा कि हम आपको स्वर्ग में ले आए: क्योंकि आप युधिष्ठिर हैं। आप हमेशा सत्यवादी रहे हैं।
उन...
- जब उमंगें ही मर गईं तो फिर अग्रगमन का अवसर छप्पर फाड़कर आकाश से आँगन में क्यों कर आ धमके?...? संसार में पैसे की चमक-दमक बहुत जगह देखी जा सकती है और उसके आधार पर जो खरीदा जा सकता है, उसकी सज-धज भ...
- जब उसकी महत्ता, आवश्यकता तक समझी न जा सकेगी तो फिर कोई कुछ करेगा भी क्यों?...? शिक्षा को लोक व्यवहार का, उपार्जन प्रक्रिया का, सुविधा संग्रह का एक प्रयोजन भर माना जा सकता है। इतने...
- जब उसने पलटा खाया और जब अपने आप में परिवर्तन कर डाला, तो फिर वह कौन हो गया?...? सम्राट् अशोक हो गया, जिसने बौद्ध संघ और बौद्ध धर्म का सारे-का-सारा संचालन किया। आज जो हमारे झंडे क...
- जब उसने पलटा खाया और जब अपने आप में परिवर्तन कर डाला, तो फिर वह कौन हो गया?...? सम्राट अशोक हो गया, जिसने बौद्ध संघ और बौद्ध धर्म का सारे का सारा संचालन किया।...
- जब ऊषाकाल आता है, तो कोई तैयारी करता है क्या?...? पूरब में से लाल रंग के बादलों में से सूर्य निकलता है। ये सब सूर्य भगवान् के निकलने के लिए तैयारिया...
- जब एक सप्ताह बाद वह महिला आई, तो उसने कहा कि बच्चे पर यह क्या जादू हो गया?...? इसने तो गुड़ बिलकुल छोड़ दिया, एक सप्ताह से नहीं माँगा उन्होंने कहा कि बेटी! इतने दिनों में मैंने जि...
- जब एक स्थल पर खाना पक सकता है, मिल-जुलकर सामूहिक दावत खाई जा सकती है तो एक ही स्थल पर हवन क्यों नहीं हो सकता?...? सामूहिक हवन कैसे हो सकता है? ऐसे ही जैसे हम आप एक सौ कुण्डीय यज्ञों के बड़े आयोजनों में करते हैं। लोग ...
- जब एक ही दृश्य से अनेकों प्रकार के निष्कर्ष निकाले जाते हैं तो उनकी वास्तविकता किस आधार पर निरूपित की जाय?...? इसी तथ्य को ध्यान में रखते हुए वेदान्त में इस संसार को माया-मिथ्या आदि नामों से पुकारा है।ब्रह्म को ...
- जब ऐसा महान देवत्व लकड़ी में है, यदि ऐसा ही इंसान में हो जाये तब?...? तब हम लकड़ी के चन्दन को घिसेंगे मस्तक पर लगायेंगे और सोचेंगे कि हे चन्दन! अपनी जैसी वृत्तियाँ कुछ हमा...
- जब ऐसे ही अगणित चमत्कार इस सृष्टि में आए दिन होते हम देखते हैं, तो किसी को प्रतिकूलताओं को उलट कर अनुकूलता में बदल जाने पर क्यों आश्चर्य करना चाहिए?...? बाल की नोंक से भी छोटा शुक्राणु जब कुछ ही दिनों में हँसता खेलता शिशु और फिर बाद में पराक्रमी प्रौढ़ ...
- जब कंगाली में आ गया है, तो फिर रोटी कैसे खाता है?...? बड़ा आया कंगाली में आने वाला। हो इस स्तर की भक्ति मित्रो! भगवान के लिए हम प्रत्येक परिस्थिति में कुछ ...
- जब कबूतर और कबूतरी दोनों में मानवता बाकी है—तो हम मनुष्यों में क्यों नहीं हो सकती?...? उसने उसी समय अपने धनुष-बाण फेंक दिये। यदि तुम भगवान के भक्त हो तो भगवान ने जो क्रिया-कलाप तुमको सौंप...
- जब कभी आपको ऐसा लगे कि आपको अंक कम दिये गये हैं या शिक्षक ने किसी बात पर आपके साथ पक्षपात किया है?...?
उत्तर- हम शिक्षक का आदर्श स्वरूप ही सामने रखेंगे। उनके हर निर्णय में अपना कल्याण समझेंगे। अच्छे अंक...
- जब कामुक थे, कैसे थे?...? स्त्री जब वहाँ चली गई, पिता के घर, तो वहाँ जा पहुँचे। वह सुना है न किस्सा आपने? मैं क्या सुनाऊँगा आप...
- जब कि कबूतर और कबूतरी दोनों में मानवता बाकी है, तो हम मनुष्यों में क्यों नहीं हो सकती?...? उसने उसी समय अपने धनुष-बाण फेंक दिए। यदि तुम भगवान के भक्त हो तो भगवान ने जो क्रिया-कलाप तुमको सौंपे...
- जब किसान, दुकानदार, शिल्पी अपने उपार्जन भर निर्वाह करते है तो कोई भजनानन्दी ही भिक्षा पर निर्भर क्यों रहे?...? प्राचीन काल के साधु, ब्राह्मणों की परम्परा अलग थी वे भजन भी करते थे, पर साथ ही लोक मंगल के लिए इतना ...
- जब कुत्ते रहे होंगे तब आपके सामने माँ-बहिन का कोई रिश्ता था?...? नहीं साहब!मित्रो! हम ये कह रहे थे कि आप गलत सोचने का तरीका अपना बदल लें। रहन-सहन के तरीके बदल लें। ज...
- जब कोई उपाय दिखायी न दिया, तब सोचा गया कि साथी के हाथ में सोने का जो ठोस कड़ा था, क्यों न उसमें से थोड़ा-सा सोना काटकर बेच दिया जाय और कर्ज चुका दिया जाय?...? अन्त में यही किया गया। कड़़ा कटा, सोना बिका और ऋण से मुक्ति हो गयी।
ऋण से मुक्ति तो हुई, पर वह घटना ब...
- जब कोई बच्चा इसको छूने लगता है, तो आप उसे भगा देते हैं, लेकिन अगर पड़ोसियों की मोटरें खड़ी हों, बस स्टैण्ड पर मोटरें खड़ी हो, तो तब आपको उनसे क्या लेना-देना?...? जो चीजें अपनी हैं केवल वही चीजें प्यारी लगती हैं।मित्रो! वस्तुतः यह प्यार ही खुशी की आवाज होती है। आ...
- जब कोई शेर या हाथी तंग करता है, तो एक हंटर घुमाते हैं, तो क्या होता है?...? सन्नाटा खिंच जाता है इलेक्ट्रिसिटी के कारण। हंटर तो, हंटर तो बेटे वही हैं जो बाजार में बिकते हैं। उस...
- जब खराब भविष्य की गारण्टी नहीं है, फिर आप अच्छे भविष्य की कल्पना करने में क्यों संकोच करते हैं?...? अच्छे भविष्य की कल्पना करने के लिए आप अपने आपको तैयार कीजिए।आप जागरूक रहिए। आप उदार तो रहें; लेकिन भ...
- जब खेल ही खेलना है तो हर स्थिति में विनोद ही विनोद की मनःस्थिति क्यों न रखी जाय?...? योगी की प्रकृति इसी तरह की होती है।***—पण्डित श्रीराम शर्मा आचार्य, गायत्री तीर्थ शान्तिकुञ्ज, हरिद्...
- जब गन्दी आँखों से हम सिया जी को नहीं देख सकते, पार्वती जी को नहीं देख सकते, अम्बा जी को नहीं देख सकते, गायत्री माता को नहीं देख सकते, तो फिर आपने किसी की बहन को क्यों देखा?...? बेटी को क्यों देखा?
सिनेमा में आप क्या देखने गये थे? जब नाच हो रहा था, तो आप तालियाँ किस बात की ब...
- जब गाँधी जी की आँतें उन्हें क्षमा कर सकती हैं, शरीर उन पर दया कर सकता है तो आपके साथ यह क्यों नहीं हो सकता?...? शर्त एक ही है कि आप अपनी जीभ को छुट्टल साँड़ के तरीके से न छोड़कर उस पर काबू करना सीखें। जीभ ऐसी, जिसन...
- जब गायत्री माता आयेंगी, तब क्या करेंगी?...? गायत्री माता आयेंगी तो समझदारों के लिए अलग आयेंगी, पिछड़े लोगों के लिए—बैकवर्ड लोगों के लिए अलग आयेंग...
- जब गुरुजी मथुरा के लिये लौटने लगे तो स्टेशन पर बातचीत के दौरान मैंने गुरुजी से कहा, ‘‘गुरुजी, इस जन्म में तो मैं आपको छोड़ूँगा नहीं, यदि पागल नहीं हो गया तो, पर आगे मैं आपको कैसे पहचानूँगा?...? पहचानूँगा भी या नहीं, अखण्ड ज्योति का सदस्य बनूँगा या नहीं, यह मैं नहीं कह सकता।’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘...
- जब गोल-मटोल हैं, तो तू पानी क्यों चढ़ा रहा है?...? खाना किसलिए खिला रहा है? ये तो गोल-मटोल हैं, इनके तो मुँह नहीं है, आँखें नहीं हैं। नहीं, महाराज जी! ...
- जब ग्रह-दशा, भाग्य-चक्र, हस्त-रेखा ही अनुकूल ने हों तब प्रयत्न करने का झंझट ही क्यों उठाया जाये?...? जब समय बदलेगा तब भाग्य-लक्ष्मी का उदय होने से घर बैठे सम्मान बरस पड़ेगा-इस मान्यता के रहते कष्टसाध्य ...
- जब गढ़ना ही रहा तो भूत क्यों गढ़ा जाय?...? देवता की संरचना करने में भी तो उतनी ही शक्ति लगेगी। डर वास्तविक नहीं होते। जितने संकट अनगढ़ मस्तिष्क ...
- जब घण्टी बजती है, तब आपको आने के बारे में कहा गया है न?...? सुबह जब आपको प्रज्ञापेय मिलता है, तब घण्टी बजती है और आपसे यह आशा की जाती है कि आप समय पर पहुँच जाइए...
- जब घर-घर में नर रत्नों और महामानवों का उत्पादन होता था, और उन चन्दन वृक्षों से सारा वातावरण ही महक रहा था तो गणना किस-किस की की जाय?...? वर्षा होती है तो सर्वत्र हरियाली उगी दीखती है। भारतीय संस्कृति की तुलना अमृत वर्षा से की जाती है, ...
- जब घास खाकर के गाय आती है, तो दूध लेकर आती है और यह चाहती है कि बच्चे को पूरा दूध पिला देंगे; लेकिन बच्चा तो उसका होना चाहिए, बच्चा किसी और का हुआ तब?...? कुत्ते का, बिल्ली का बच्चा हुआ तब? गधे का बच्चा हुआ तब? क्यों पिलाएगी गाय। गाय का एक ही बच्चा होना च...
- जब चारों ओर गन्दगी रखी है, तो उस समर्थ सत्ता को आप कहाँ बिठायेंगे?...? वो हमारी शक्ति, वो हमारी माँ कहाँ बैठेगी? मैं तो उस बेटे के यहाँ बैठूँगी। जो कहे हाँ माँ, आपके लिए ह...
- जब चारों ओर गन्दगी रखी है, तो उस समर्थ सत्ता को आप बिठाएँगे कहाँ?...? वो हमारी शक्ति, वो हमारी माँ कहाँ बैठेगी? मैं तो उस बेटे के यहाँ बैठूँगी, जो कहे हाँ माँ, आपके लिए ह...
- जब चालीस साल का हो गया और जब मेरे चौबीस परीक्षण पूरे हो गये, तब मैंने जबान खोलना, लोगों को बताना और समझाना शुरू किया कि क्या करना चाहिए?...? कैसे हो सकता है? बस यही है मेरे अनुसन्धान का सार-निष्कर्ष। यह वहाँ से प्रारम्भ हुआ जब एक बार गायत्री ...
- जब चीन जीतता जा रहा था घनश्यामदास बिड़ला ने गुरुजी से पूँछा गुरुजी अब क्या करें मैं अपना पैसा विदेश बैंक में स्थानान्तरित कर दूँ क्या?...? चीन आगे बढ़ रहा है भारत का क्या होगा। गुरुजी ने कहा युद्घ ७ दिन में बन्द हो जायेगा। एक बार जुगलकिशोर ब...
- जब चोर-उचक्के नशेबाज, गुण्डे, उच्छृंखल, व्यभिचारी अपने-अपने सम्पर्क में कितनों को ही नये सिरे से प्रभावित करते और साथी-सहयोगी बनाते देखे गये हैं, तो कोई कारण नहीं कि उच्च उद्देश्यों पर सच्चे मन से निष्ठा रखने वाले, चिन्तन को क्रिया के साथ जोड़ने वाले यदि उमंगों में लहराने लगें, तो अपने जैसे अनेकों को खींच-घसीट न सकें, परिवार को बढ़ा न सकें?...? प्रज्ञा-परिजनों को एक से पाँच, पाँच से पच्चीस, पच्चीस से एक सौ पच्चीस बनने के लिए प्रयत्नशील होने के...
- जब छ: महीने में मरना ही है, तो अन्य अपने जैसे निरीहों के प्राण बचाने की कोशिश क्यों न करें?...? उसने टेलीविजन पर एक अपील की कि यदि तीन करोड़ रुपए का प्रबन्ध कोई उदारचेता कर सके, तो उस मशीन के द्वा...
- जब छोड़नी ही पड़ेगी, तो आप उन लोगों के लिए क्यों न छोड़ें, जो कि इसके हकदार हैं?...? आप उतनी ही क्यों न कमाएँ, जिससे कि आप ईमानदारी के साथ में अपने लोक और परलोक को बनाए रह सकते हैं। आप ...
- जब जानने-मानने का मूड नहीं, तो फिर व्यर्थ की सिरफोड़ी से मतलब भी क्या निकलता है?...? चर्चा समझदारी की है, प्रगति की बात सोचने के साथ-साथ यह भी देखना होता है कि कहीं भूल तो नहीं हो रही ह...
- जब जेलर पूछता है कि क्या कर रहा है रे?...? तो वह बोलता है कि हुजूर अभी तो घास छील रहा था। घास छील रहा था कि ऐसे ही बैठा था? हाँ साहब! बच्चों की...
- जब तक आदमी अपने मन को साफ नहीं कर लेता, हृदय को साफ नहीं कर लेता, तो राम का नाम कहाँ से लेगा?...? इसलिए मित्रो! क्या हुआ? उनके गुरु स्वामी बिरजानन्द ने यह आज्ञा दी कि पहले लोगों के दिलों की और दिम...
- जब तक आपने अपना मन नहीं खोला, तब तक हम आपके मन में कैसे प्रवेश करें, आपकी बुद्धि में, आपके सिद्धान्तों में कैसे प्रवेश करें?...? हमें प्रवेश करने दीजिए।
माताजी! बताइए, आप और गुरुजी कब आ रहे हैं? हाँ बेटे, आपको तारीख और तिथ...
- जब तक इनको ठीक नहीं करेंगे, तब तक किस तरीके से भगवान को प्राप्त करेंगे?...? तलवार को जब तक घिसा नहीं जाएगा, तब तक उस पर धार नहीं आयेगी तो बताइये, फिर कैसे चलेगी? बिल्कुल खपच्ची...
- जब तक कमी का आभास न हो तब तक उसकी पूर्ति का तारतम्य कैसे बने?...? अस्तु, आत्मविकास के मार्ग पर चलने वाले, जीवन साधना के मार्ग पर अग्रसर होने के इच्छुक प्रत्येक व्यक्त...
- जब तक जमीन को ठीक नहीं किया जाता तो कलमी आम को कहाँ पर लगायेगा?...? नहीं साहब! कलमी आम की विधि बता दीजिए, कलमी आम को काटना बता दीजिए। बेटे, यह सब क्रियाएँ पीछे बता दे...
- जब तक मुण्डन-संस्कार न होगा, शिखा नहीं रखाएँगे तब तक हिन्दू कैसे कहलाएँगे?...? हिन्दू होने की निशानी ही मुण्डन-संस्कार है। लेकिन आज हमारी शिखाएँ गायब हो गई हैं अतः इस संस्कार को ह...
- जब तक संग्रह नहीं किया जाएगा और जब तक कोई सम्पत्ति नहीं होगी, तो फिर आप क्या कर सकते हैं?...? किसी को क्या दे सकते हैं? नहीं दे सकते हैं।
बेटे! आप ऊँचा उठेंगे तो हम ऊँचा उठा देंगे। ऊँचा नहीं ...
- जब तक समुद्र में डुबकी नहीं लगाएँगे, तो बहुमूल्य रत्न कैसे पा सकेंगे?...? केवल मन को समझाना ही रह जाएगा। बच्चे पैदा तो किए; लेकिन उनको संस्कार नहीं दिए, तो वे पृथ्वी का भार ह...
- जब तक हम अपने भीतर के कपाट नहीं खोलेंगे, जब तक अपनी अन्तरंग शान्ति के द्वार नहीं खोलेंगे, तब तक किस तरीके से आपको शान्ति मिल सकती है?...? बाहर शान्ति है कहाँ? जिसको तलाश करने के लिए आप जा रहे हैं? उसने कहना नहीं माना। उसने कहा कि मैं तो...
- जब तक हमको शंकरजी के, पार्वतीजी के दर्शन नहीं हो जाएँगे, तब तक हम किस तरीके से जाएँगे?...? और क्यों जाएँगे? हम तो दर्शन करने आए हैं। तो क्या आप यहाँ रहेंगे? हम तो रहेंगे। हम तो दर्शन करेंगे। ...
- जब तक हमारा एक भी प्राणी नरक में रहता है, तब तक हमें स्वर्ग की अपेक्षा क्यों रहेगी?...? हमको स्वर्ग की अपेक्षा नहीं रहेगी, हम नरक में ही रहेंगे।...
- जब तक हमारा देवता जागृत रहता है और हम विभिन्न कल्याणकारी कार्यों में संलग्न रहते हैं, तब तक आन्तरिक असुरता भी दबी हुई पड़ी रहती है, पर यह प्रसुप्त वासनाएँ भी अवकाश के लिए चुपचाप अन्तर्मन में जगती रहती हैं, समय पाते ही देवत्व पर प्रहार कर बैठती हैं?...? ।
जब यह दिखाई दे कि अब अपने पास कोई काम शेष नहीं रहा तो मनुष्य अपने निवास के आस-पास की सफाई, वस्त्...
- जब तक हमारे पिता जिन्दा हैं तब तक हम जनेऊ कैसे पहन सकते हैं?...? बाप जनेऊ पहनेगा। अजीब किस्सा है कि अगर बाप के सामने बेटा पहनेगा तो बाप मर जाएगा। अरे बाबा ये क्या कह...
- जब तू नाक में से रस्सी खींचता है, तो फिर तुझे भगवान् दिखाई देता है?...? उसमें से भगवान मिल जाता है? अरे महाराज जी! भगवान तो दिखाई नहीं पड़ते। अच्छा बेटे! योग के नाम पर और ...
- जब तेरे बेटे कमाने लायक हो गये थे और अपने हाथों से अपना गुजारा कर सकते थे, तो फिर तूने उन्हें क्यों दिया?...? नहीं महाराज जी! हम तो बेटों के अलावा किसी और को नहीं दे सकते थे। उनके अलावा हम और किसी की कल्पना नही...
- जब दीनबन्धु ने यह सब देखा, तो उन्होंने अपनी माँ से कहा—इसको छुओ मत, छूने से पाप लगेगा; क्योंकि यह अछूत है, तो माँ ने अपने बच्चे दीनबन्धु को लताड़ा और कहा कि जो मार इसको पड़ी है, वही मार तेरे ऊपर पड़े, तब?...? यह मेरा बच्चा है और तुझसे ज्यादा प्यारा है।
सुधार का शिक्षण
दीनबन्धु ने यह सुना, तो उनकी आँखे...
- जब देवता के अन्दर प्राण-प्रतिष्ठा हो जाएगी और अगर प्राण-प्रतिष्ठा न हो तब?...? तब बेटे! कुछ नहीं हो सकता। प्राण-प्रतिष्ठा नहीं हुई है तो मूर्ति कुछ नहीं कर सकती। तब यह मूर्ति ...
- जब दोनों अलग रहती तब?...? तब त्रिवेणी नहीं बनती। गंगा का माहात्म्य अलग है और यमुना का माहात्म्य अलग है और त्रिवेणी का माहात्म्...
- जब दोनों मना कर रहे थे, तो आप कैसे सहायता करने पहुँचे?...? हर एक के मना करने, शरीर के नुकसान होने पर आप कैसे चले गए? यह कैसे हो गया? आपके मन ने बेचैन कर दिया। ...
- जब नाच हो रहा था, तो आप तालियाँ किस बात की बजा रहे थे?...? अगर आपकी बेटी को हजार आदमियों के सामने नचाया जाये और लोग सीटियाँ बजाएँ, आवाजें कसें, तो क्या आपको यह...
- जब निदान ही सम्भव नहीं हो पा रहा तो उपचार कैसे सम्भव होगा?...? अमेरिका के रोचेस्टर विश्वविद्यालय द्वारा किये गये अध्ययन से यह ज्ञान हुआ है कि किसी व्यक्ति का जीवन ...
- जब नींव ही कच्ची रहे तो इमारत कैसे ऊँची उठ सकती है?...? वे अपने बचपन का कटु अनुभव आगे जाकर अधिक तीव्रता के साथ दूसरों को करवाते हैं या प्रतिक्रिया रूप स्वयं...
- जब नेहरू मरणासन्न हुए, तो लोगों ने पूछा कि आपके मरने के बाद इस गद्दी पर किसे बैठाया जाए?...? तो उन्होंने अपनी उँगली से लालबहादुर शास्त्री की ओर इंगित किया और ये कहा कि यह बहुत ही ईमानदार तथा वज...
- जब पण्डित नेहरू मरने को थे तो लोगों ने पूछा कि आपके स्थान पर आपकी गद्दी पर किसको बिठा दिया जाय?...? उन्होंने इशारा किया कि लाल बहादुर शास्त्री बेहतरीन आदमी हैं। विश्वस्त आदमी हैं। पण्डित नेहरू की समीपत...
- जब पटरियों पर अरबी घोड़े भागते हैं तो इन्हीं का तो इम्तहान होता है और इसमें है ही क्या?...? भागने का ही तो इनाम मिलता है। नहीं साहब! इनाम मिलेगा। इनाम तो मिलेगा, पर बेटे! भागने का इनाम मिलेगा।...
- जब पत्थर का भगवान बनाया जा सकता है, लकड़ी का भगवान बन सकता है, गोबर का गणेश बन सकता है तो जीवन्त हाड़-माँस का भगवान क्यों नहीं बन सकता?...? हमारा गुरु हमारा भगवान है। हमारी श्रद्धा उसके लिए समर्पित है। हम यह प्रतीक्षा करते रहते हैं और एक बा...
- जब पत्थर की प्रतिमा देवता बन सकती है, तो श्रद्धा के बल पर किसी उपयुक्त व्यक्तित्व को गुरु क्यों नहीं बनाया जा सकता?...? आवश्यक नहीं कि इसके लिए विधिवत् संस्कार कराया ही जाए, कान फुकवाए ही जाएँ। अध्यात्म प्रयोजनों के लिए ...
- जब परमार्थ समाया होता है तब थकान क्यों होगी?...? बिल्कुल थकान नहीं आना चाहिए। आगे आने वाले समय में मैं आपसे आशा रखती हूँ कि हमारे बालक, जो यहाँ उपस्थ...
- जब परमार्थ समाया होता है, तब थकान क्यों होगी?...? बिलकुल थकान नहीं आना चाहिए। आगे आने वाले समय में मैं आपसे आशा रखती हूँ कि हमारे बालक, जो यहाँ उपस्थि...
- जब पशु संयम से रह सकते हैं, तो आप क्यों नहीं रह सकते?...? मित्रो! आप अपनी जीभ को बुरे वचन बोलने और भक्ष्य खाने से रोकिए, क्योंकि इन दोनों से ही जीभ जलती है।...
- जब पानी निकलेगा, तो आप करवट ले के देखिये और हम आपको एक नल लगाये देते हैं, अच्छा?...? नल आपके सिर पर रख देते हैं। आपकी नाक में पानी भर जाएगा आपके कान में पानी भर जाएगा, आप जरा दो मिनट सो...
- जब पाप ही नहीं किया तो दण्ड किस बात का?...? भारत में पुरुष अनीति बरतता है और नारी उसे अपनी मानसिक अशक्तता के कारण डरी-सहमी सहन करती है। अनीति कर...
- जब फूहड़ चित्रण में निम्नवर्ग की निकृष्टता और सम्पन्न वर्ग की कुत्सा भड़काने के निमित्त बनकर इन तथाकथित कलाकारों को प्रचुर धन कमाने और बहती गंगा में हाथ धोने का अवसर मिलता है तो वे उसे छोड़ें भी क्यों?...? जहाँ नारी फैशन परस्त, भड़कीली और निर्लज्ज होती दिखाई पड़े वहाँ वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए उसे...
- जब बच्चा पैदा होता है और पेट में से निकलकर बाहर आता है, तो कितनी पीड़ा होती है?...? पुराना युग जा रहा है और नया युग चला आ रहा है। ऐसे समय में दो काम होते हैं—एक निर्माण होता है और दूसर...
- जब बड़ा पेड़ छोटे की खुराक खा जाता है और बड़ी मछली छोटी को निगल जाती है तो शक्तिशाली मनुष्य भी वैसा ही क्यों न करे?...? यही विचार विकृति भारत के पतन का कारण बनी। बुद्धिमान और शक्तिशाली दोनों ही वर्ग इस संकीर्ण स्वार्थ सा...
- जब बड़ी मछली छोटी मछली को खाती है, जब बड़ी चिड़िया को छोटी चिड़ियों पर आक्रमण करने में कोई हिचक नहीं होती, जब चीते हिरन स्तर के कमजोरों को दबोच लेते हैं तो फिर समर्थ मनुष्य ही अपने असमर्थ जनों का शोषण करने में क्यों चूकें?...? प्रत्यक्षवाद ने, भौतिक विज्ञान ने सुविधा-सम्वर्धन के लिए कितने ही नए-नए आधार दिए हैं, तो उसकी उपयोगि...
- जब बरसात होती है तो क्या होता है?...? बेटे! हरियाली पैदा होती है। यह जल जो आपने अपनी बाई हथेली पर रखा था, उसको हम अपने ऊपर उछालते हैं, छिड...
- जब बरसात होती है तो क्या होता है?...? बेटे! हरियाली पैदा होती है। यह जल जो आपने अपनी बाईं हथेली पर रखा था, उसको हम अपने ऊपर उछालते हैं, छि...
- जब बसाना ही है, तो इसी को क्यों न कायदे-करीने से बसाया जाए?...? ’’घर वालों के पास उसका कोई उत्तर न था। उसने घोषित कर दिया—‘‘भगवान ही एकमात्र मेरे पति हैं।’’घर के सद...
- जब बुद्धि मिल ही गई, तो जीवन की हर इकाई का, हर साँस का श्रेष्ठतम प्रयोग करने में क्यों चूका जाय?...? यही चिन्तन सिर पर सदा छाया रहा, फलतः समय कदाचित् ही कभी निरर्थक गया हो। शरीर को नित्यकर्म और आवश्यक क...
- जब बेटे तेरी सारी शक्ति इसी में खर्च हो जाएगी तब फिर तेरा सहस्त्रार चक्र कहाँ से जागेगा?...? सहस्रार- चक्र में लगने वाली सारी शक्ति इसी में लय कर देंगे, तब फिर वह जागेगा कैसे? सहस्त्रार को जाग्...
- जब बेटे तेरी सारी शक्ति इसी में खर्च हो जाएगी तब फिर तेरा सहस्रार-चक्र कहाँ से जागेगा?...? सहस्रार-चक्र में लगने वाली सारी शक्ति इसी में लय कर देंगे, तब फिर वह जागेगा कैसे? सहस्रार को जाग्रत ...
- जब भगवान की बनाई चीजों पर सबका अधिकार है, तो फिर गायत्री पर क्यों नहीं?...? फिर माँ को अलग करने वाले लोगों ने यह कहना शुरू कर दिया कि गायत्री सिर्फ ब्राह्मणों की है। फिर एक और ...
- जब भगवान सो जाएँगे तो वे वहाँ से हटेंगे और जब भगवान उठ जाएँगे तो फिर पंखा डुलाते रहेंगे, यह कोई तरीका है?...? जनश्रद्धा का दुरुपयोग न हो मित्रो! हम अपने ढंग से भगवान को बेकार आदमी जैसा बनाते हैं। अगर भगवान सोया...
- जब भगवान् को जानते थे कि वे भगवान् हैं, तो फिर ढोंग काहे को बनाया?...? चले जाते और कहते कि हम हनुमान हैं। हम आपके भक्त हैं और आपके पैर छूने आये हैं। फिर दुनिया भर का बहुरू...
- जब भी वे आते हैं तो हम अफ्रीका निवासी हिन्दुओं को शिक्षण करने के बजाय माँगने के लिए चले आते हैं?...? हिन्दुस्तान में इस तरह के और कितने बाबा जी हैं? छप्पन लाख हैं। इसमें से दो-पाँच बाबा जी यहाँ रह ...
- जब भेड़ त्याग करने को तैयार नहीं है, तो प्रकृति क्यों त्याग करेगी?...? आप इस सिद्धान्त को समझते नहीं है? न समझने की वजह से ही आदमी कंजूस बनता जाता है, कृपण बनता जाता है, ल...
- जब मत्स्य न्याय के आधार पर ‘जिसकी लाठी उसकी भैंस’ का सिद्धान्त ही प्रत्यक्षवाद ने सही ठहराया तो फिर नीति, धर्म, सदाचार अपनाने का प्रश्न ही कहाँ रहा?...? इन परिस्थितियों में धर्मतंत्र को अपने सही उद्देश्य को पूरा कर सकना अत्यधिक कठिन पड़ गया। असमंजस इस बा...
- जब मन की नहीं है तो क्यों मैं आपको बताऊँ?...? आपका मन जिधर है, वही आपको बताता हूँ।
पूज्य गुरुदेव का स्वयं का उदाहरण
महाराज जी! एक और गवाह पेश...
- जब मन को हमने धोया नहीं, उसके हवाले किया नहीं, तो हमारी बागडोर कैसे सँभालेगा और क्यों सँभालेगा?...? बेटे! भगवान ने आपको शरीर दिया है। भगवान से माँगना है तो वह चीज माँग, जिससे कि आत्मपरिष्कार हो। जिससे...
- जब मनुष्य इस जिम्मेदारी को समझ ले और ये समझ ले कि ‘मैं क्यों पैदा हुआ हूँ, और यदि मैं पैदा हुआ हूँ?...? तो मुझे अब क्या करना चाहिए?’ यह बात अगर समझ में आ जाए, तो समझना चाहिए कि इस आदमी का नाम मनुष्य है और...
- जब मनुष्य जाति के लिए मुसीबतें आई हों, भविष्य के लिए आशंका आई हो कि हमारा भविष्य अन्धकारमय होने वाला है, जैसा कि आज हमको दिखाई पड़ता है, तो क्या करना पड़ेगा?...? उपाय एक ही है, दूसरा कोई उपाय नहीं है। अब हमको दैवीय सभ्यता का ढाँचा खड़ा करना पड़ेगा, नमूना खड़ा करन...
- जब मनुष्य-जाति के लिए मुसीबतें आई हों, भविष्य के लिए आशंका आई हो कि हमारा भविष्य अन्धकारमय होने वाला है, जैसा कि आज हमको दिखाई पड़ता है, तो क्या करना पड़ेगा?...? उपाय एक ही है, दूसरा कोई उपाय नहीं है। अब हमको दैवीय सभ्यता का ढाँचा खड़ा करना पड़ेगा, नमूना खड़ा करना ...
- जब मात्र पेट ही भरना है तो गंदे तरीके से क्यों?...? श्रेष्ठ तरीके से क्यों न भरें? पेट भरने के अलावा जो कार्य कर सकते हैं, उसे क्यों न करें?...
- जब मात्र पेट ही भरना है तो गन्दे तरीके से क्यों, श्रेष्ठ तरीके से क्यों न भरें?...? पेट भरने के अलावा जो कार्य कर सकते हैं, उसे क्यों न करें?...
- जब मुझे विश्वास हो गया कि उलटी से रस पूरी तरह से निकल गया है, तो मैंने एक दिन का उपवास किया और सोचा फिर नहीं पीऊँगा, तो क्या बात थी?...? किसी ने नहीं दिया था? नहीं, किसी ने नहीं दिया था। हमने पैसे से लिया था, अपने पैसे से नारंगी खरीदी थी...
- जब मेरी अन्तरात्मा बुड्ढी नहीं हुई है, तो शरीर कैसे बुड्ढा हो सकता है?...? बेटे! शरीर बुड्ढा नहीं हो सकता, वह हाथी फिर लड़ाई के मैदान में चला गया, देखते ही रह गए लोग कि जिस बु...
- जब मेरी यह मनोदशा है, तो औरों की क्या कहूँ?...? इसलिए इन विषम परिस्थितियों में मैं हिमालय पर रहने के लिए गया था कि वहीं पर सेवा, भक्ति करूँगा; पर मे...
- जब मैं पन्द्रह वर्ष की उम्र का था, तब वे आये और उन्होंने मुझसे यह कहा कि तुम्हें किससे जप करना पड़ेगा?...? मैंने कहा कि जबान से जप किये जाते हैं। तो क्या तुम्हारी जबान इस लायक है कि उससे जप किया जा सके? मै...
- जब मैं वहाँ ठहरा था तो देखा कि सुबह-सवेरे चार बजे कौन इतना साफ गायत्री मंत्र बार-बार बोलता है?...? यह चक्कर क्या है? मैं बहुत देर तक देखता रहा, लेकिन समझ में नहीं आया। फिर मैंने उस लड़की से पूछा कि य...
- जब मैं वहाँ ठहरा था तो देखा कि सुबह-सवेरे चार बजे कौन इतना साफ गायत्री मंत्र बार-बार बोलता है?...? यह चक्कर क्या है? मैं बहुत देर तक देखता रहा, लेकिन समझ में नहीं आया। फिर मैंने उस लड़की से पूछा कि यह...
- जब मैंने मुड़कर देखा तो वे कह रहे हैं कि यह बता कि यह तेरा जो मुकदमा चल रहा है तो ये जो सज्जन खड़े हैं, क्या इन्हीं की अदालत में है?...? मैंने निगाह उठाकर देखा तो मुझे महसूस हुआ कि क्रीम कलर की पगड़ी पहने जो एक और सज्जन खड़े हैं, उन्हीं ...
- जब मैंने यह विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म-अध्यात्म तक का सारा ढाँचा किस वजह से खड़ा किया गया है और इसका क्या मतलब है?...? तो मैंने पाया कि इसका एक ही मतलब है। और कोई दूसरा मतलब नहीं है कि इन सारे-के-सारे कलेवरों में जकड़ा ...
- जब मैंने यह विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म-अध्यात्म तक का सारा ढाँचा किस वजह से खड़ा किया गया है और इसका क्या मतलब है?...? तो मैंने पाया कि इसका एक ही मतलब है। और कोई दूसरा मतलब नहीं है कि इन सारे के सारे कलेवरों में जकड़ा ग...
- जब यह चमड़े का विषय ही नहीं, तो आप देख कहाँ से लेंगे?...? आपने क्या ठंडक देखी है, नहीं साहब, हमने तो केवल बरफ देखी है, ठंड तक नहीं देखी। तो क्या आपने गरमी...
- जब यह बुद्धवाद सारी दुनिया में तेजी से फैलता हुआ चला गया तो क्या आप समझते है कि आस्तिकता के सिद्धान्त भगवान को न मानने से कमजोर हो गए?...? नहीं। सिद्धियों की उनमें कमी आ गई? नहीं। चमत्कार में कोई कमी आ गई? नहीं आई। मनुष्य के गौरव-गरिमा में...
- जब यह बुद्धवाद सारी दुनिया में तेजी से फैलता हुआ चला गया तो क्या आप समझते हैं कि आस्तिकता के सिद्धान्त भगवान को न मानने से कमजोर हो गए?...? नहीं। सिद्धियों की उनमें कमी आ गई? नहीं। चमत्कार में कोई कमी आ गई? नहीं आई। मनुष्य के गौरव-गरिमा में...
- जब याद आती है कृतज्ञता भरी जिन्दगी, तो ऐसा मालूम पड़ता है कि यह खूबसूरत दुनिया न जाने हीरों से बनाई गयी है या जवाहरातों से?...? जब हमको अध्यापक याद आते हैं, छोटे बालक याद आते हैं, अपने भाई याद आते हैं, बुआ याद आती है, बड़ी बह...
- जब रावण ने भगा दिया तो क्या उसके लिए सम्भव था?...? सम्भव नहीं था, पर भगवान की समीपता थी। भगवान का स्मरण कर रहा था तो भगवान ने कहा कि यही राजा बनेगा और ...
- जब रावण ने भगा दिया था तो उसके लिए सम्भव था क्या?...? सम्भव नहीं था, लेकिन भगवान की समीपता थी न, भगवान का वह काम कर रहा था न, भगवान का स्मरण कर रहा था न, त...
- जब लोगों को खाली उद्देश्य समझाये जाते हैं कि मरने के बाद हम कौन-से लोक में चले जाते हैं और वह लोक किस तरह के हैं?...? स्वर्ग कहाँ है? स्वर्ग की लम्बाई, चौड़ाई कितनी है? हमको नहीं मालूम। हमको तो जिन्दगी की जानकारी है,...
- जब लोगों को खाली उद्देश्य समझाये जाते है कि मरने के बाद हम कौन-से लोक में चले जाते हैं और वह लोक किस तरह के है?...? स्वर्ग कहाँ है? स्वर्ग की लम्बाई, चौड़ाई कितनी है? हमको नहीं मालूम। हमको तो जिन्दगी की जानकारी है, ज...
- जब लोगों ने कहा कि आप ही बताइए?...? तब उन्होंने कहा कि मेरा सुझाव है कि आप शुकदेव जी को बुला लें। शुकदेव जी कौन हैं? शुकदेव जी व्यास जी ...
- जब वह अपना समय निकाल सकता है, तब?...? तब वह प्राणवान हो सकता है, विद्वान हो सकता है, ज्ञानी हो सकता है, तपस्वी हो सकता है और आचार्य जी के ...
- जब वह बड़ा हो जाता है तब?...? तब माँ-बाप का बेटे से कोई ताल्लुक नहीं है और बेटे का माँ-बाप से कोई ताल्लुक नहीं है। जानवरों में जब ...
- जब वह बैठी हुई रो रही थी, तो कुंती ने पूछा, बहिन क्या बात है?...? ब्राह्मणी बोली कि हमारे पास एक ही बच्चा है और उसको आज राक्षस के पास जाना पड़ेगा। उसे मरना ही होगा। अब...
- जब वह बैठी हुई रो रहीं थी, तो कुंती ने पूछा, बहन क्या बात है?...? ब्राह्मणी बोली कि हमारे पास एक ही बच्चा है और उसको आज राक्षस के पास जाना पड़ेगा। उसे मरना ही होगा। अ...
- जब वह बड़ा हो जाता है तब?...? तब माँ बाप का बेटे से कोई ताल्लुक नहीं है और बेटे का माँ बाप से कोई ताल्लुक नहीं है। जानवरों में जब ...
- जब वह भगवान् का दर्शन करके जाने लगा, तब धनी पुरुष ने उसे अपने पास बुलाया और कहा-‘क्या आप इस मन्दिर की व्यवस्था सँभालने का काम स्वीकार करेंगे?...? ’
वह व्यक्ति बड़े आश्चर्य में पड़ गया। उसने कहा-‘मैं तो बहुत पढ़ा-लिखा नहीं हूँ। मैं इतने बड़े मन्दिर का...
- जब वह हमारे भीतर प्रवेश करता है, तब क्या करते हैं?...? बेटे! जैसे बिजली के दो तारों को जब हम मिला देते हैं, तो उसके अन्दर एक चीज उठती है। उसका नाम है—करेंट।...
- जब वहाँ पूछा जायेगा कि आपके पास तप है?...? नहीं भगवन! मेरे पास तप नहीं है। जो कुछ भी तप था, उसका एक-एक कण मैंने सब बाँट दिया और आपके पास खाली ह...
- जब वहाँ शराब की गन्ध मिलेगी और उसमें से अल्कोहल ही अल्कोहल उड़ेगा, तो मैं वहाँ रह करके क्या करूँगा?...? मुझे ऐसे स्वर्ग से घृणा हो गयी। पण्डितों का घटिया स्वर्ग मित्रो! मौलवी साहब से मैंने कह दिया कि मेरे...
- जब विश्वास ही नहीं जमता तो सहयोग किस बलबूते पर पनपे?...? टूटे हुए मनोबल का व्यक्ति किस प्रकार कोई उच्चस्तरीय साहस कर सकेगा? उसके ऊँचे उठने, आगे बढ़ने का सुयो...
- जब वे अपनी सेवा करने वाले पुजारियों को नहीं दे पाये, तो हमको क्या दे पायेंगे?...? दो शक्तियाँ अपने भीतर साथियो! चौथा वाला कोश है- हमारा विज्ञानमय कोश। हमारे भीतर दैवी और आसुरी- दो ...
- जब वे मिलेंगे-दीखेंगे ही नहीं, तो दर्शनार्थियों-शिविरार्थियों की भीड़ क्यों आयेगी?...? हमारी भी रोजी-रोटी में कटौती होगी और आश्रम की शोभा महत्ता तो घट ही जायेगी। ईर्ष्यालुओं को भी अच्छा न...
- जब वे वकालत करने के लिए खड़े हो गए, तो कितनी जबरदस्त बैरिस्टरी की और किस तरीके से वकालत की और किस तरीके से तर्क पेश किए और किस तरीके से उनने फिजाँ पैदा की कि हिन्दुस्तान की दिशा ही मोड़ दी और न जाने क्या-से-क्या हो गया?...? मित्रो! अकल बड़ी जबरदस्त है और आदमी का प्रभाव, जिसको मैं प्रतिभा कहता हूँ, विभूति कहता हूँ, यह विभ...
- जब वे वकालत करने के लिए खड़े हो गए तो कितनी जबरदस्त बैरिस्टरी की और किस तरीके से वकालत की और किस तरीके से तर्क पेश किए और किस तरीके से उनने फिजाँ पैदा की कि हिन्दुस्तान की दिशा ही मोड़ दी और न जाने क्या से क्या हो गया?...? मित्रो! अकल बड़ी जबरदस्त है और आदमी का प्रभाव, जिसको में प्रतिभा कहता हूँ विभूति कहता हूँ यह विभूति ...
- जब वे हँस के ऊपर बैठेंगी, तब वह उड़ेगा कैसे, चलेगा कैसे?...? हँस की तो मुसीबत आ जाएगी। गायत्री माता हँस पर बैठती नहीं है, वरन् उसके भीतर जो शिक्षा भरी हुई है अ...
- जब शक्ति मिल रही है तो हम डरें क्यों?...? हमारी तो जबान ही हिलेगी, हम सम्पर्क करने उसके दरवाजे पर ही तो जाएँगे। हम अपनी बात कह सकते हैं, प्रतिप...
- जब शासन में भागीदार बनने के लिए उसे अवसर मिला है, उसे वह गँवाए क्यों?...? और भविष्य में अपने वर्ग को उच्चाधिकार दिलाने का, स्वागत करने का मानस क्यों न बनाए? परिवार के पुरुष भ...
- जब शैतान अपने व्यक्तित्व से प्रभावित कर दूसरों को शैतान बना सकता है तो हम सज्जन व्यक्ति दूसरों को सज्जन क्यों नहीं बना सकते हैं?...? बना सकते हैं लेकिन उसके लिए अपने सिद्धान्तों के प्रति पूरा विश्वास और निष्ठा होना चाहिए। मित्रो! अग्न...
- जब सब कुछ परिवर्तन हो गया तो दृष्टिगोचर कैसे हों?...? फिर सत्पात्र साधकों का अभाव हो जाने के कारण वे कुपात्रों को दर्शन देने या उन पर की हुई अनुकम्पा में ...
- जब सब तुम्हारा ही हो गया है, तो हमारे पास बचा ही क्या है?...? जब कुछ बचा ही नहीं, तो किसी का आधिपत्य भी नहीं है।
बेटे! जब हमारा कुछ भी नहीं है, तो न हमको कोई अ...
- जब सब लोगों ने भोजन कर लिया तब विश्वामित्र ने पूछा-महाराज जी ये सब आपने कहाँ से पाया?...? सामान तो था नहीं आपके पास, इतना दही, भोग, इतना चमत्कार, इतनी सिद्धि, इतना धन, इतनी विशेषताएँ कहाँ से...
- जब सभी जीव-जन्तु क्रीड़ा-कल्लोल करते हुए जीते हैं—कुदकते, फुदकते चहचहाते दिन गुजारते हैं, तो फिर विकसित मनुष्य को ही ऐसी कठिनाइयों से घिरा क्यों पाया जाना चाहिए, जिनसे कि वह इन दिनों बुरी तरह ग्रसित देखा जाता है?...? रोग, शोक, अभाव, क्लेश, विद्वेष, अशान्ति के अनेकानेक कारण गर्दन दबोचे रहते हैं। चिन्ताओं-आशंकाओं से द...
- जब सभी लोग ईमानदारी-बेईमानी की कमाई से गुलछर्रे उड़ाते हैं, तो हम लोग ही अपने ऊपर ऐसा अंकुश क्यों लगाएँ?...? इस प्रश्न पर परिजनों और उनके पक्षधर रिश्तेदारों को सहमत करना बहुत कठिन पड़ता है। फिर भी यदि अपनी बात ...
- जब समय बदल जाएगा तब हम तेरे समयदान का क्या करेंगे?...? फिर समयदान की जरूरत नहीं पड़ेगी। इसलिए आप यहाँ से जाने के खाद स्वयं से, अपने आप से और हर जाग्रत आत्म...
- जब समय बदल जाएगा तब हम तेरे समयदान का क्या करेंगे?...? फिर समयदान की जरूरत नहीं पड़ेगी।...
- जब समय बदलेगा तब भाग्य-लक्ष्मी का उदय होने से घर बैठे सम्मान बरस पड़ेगा-इस मान्यता के रहते कष्टसाध्य पराक्रम करने का महत्त्व ही क्या रहा?...? ऐसी दशा में कोई कुछ सुधारात्मक बड़ा काम किस आधार पर आरम्भ करे? किसी बड़े परिवर्तन के लिए कोई किसलिए सा...
- जब समूचा प्रवाह ही स्वार्थ-साधन के लिए समर्पित है तो मनीषा और सम्पन्नता को ही क्या बन पड़ी है जो लोकहित की बात सोचें?...? जन कल्याण के सरञ्जाम जुटाए? उल्टे प्रवाह का मोड़कर सीधी दिशा में चलने के लिए लोकमानस को नियोजित करने...
- जब साँचा ही बिगड़ गया है तो उसमें ढलकर निकलने वाले देवमानवों का दर्शन कैसे हो?...? हमारे हर परिवार को सज्जनता, सद्भावना और सत्प्रवृत्तियों का अभ्यास कराने वाली एक प्रयोगशाला के रूप मे...
- जब साधन सम्पन्न क्षेत्रों में ही उनकी बहुत माँग है और उन्हीं से फुरसत नहीं मिलती, तो फिर पिछड़े क्षेत्रों में अनेकानेक असुविधाओं का सामना करने के लिए क्यों जाया जाय?...? यही व्यवधान है, जो पिछड़ेपन को प्रगतिशीलता में परिवर्तित करने वाले प्राणवान सत्संग सम्पर्क का सुयोग न...
- जब सामान्य प्राणी अपनी सन्तान को समान स्नेह सहयोग देते हैं, तो फिर ईश्वर ने इतना अन्तर किसलिए रखा?...? इस विभेद को समझने में प्रत्येक विवेक सम्पन्न व्यक्ति को भारी उलझन का सामना करना पड़ता है। तत्त्वदर्शी...
- जब सारा वक्त दूसरे काम में लगा देगा, तो यह कैसे होगा?...? आप माली हैं और आपको भगवान के बगीचे के लिए, सेवा करने के लिए भेजा गया है। आप हमेशा ध्यान रखिए कि माली...
- जब से सृष्टि बनी है, तब से लेकर आज तक एक भी आदमी का नाम बता दो कि जिस भक्त की मनोकामना मैने पूरी की हो—क्या मैंने प्रह्लाद की मनोकामना पूरी की?...? हरिश्चंद्र और भगीरथ की मनोकामना पूरी की? क्या मैंने ऋषियों की मनोकामना पूरी की? हरेक को सताया है, जल...
- जब हनुमान जी का ब्याह हुआ नहीं, उसके बच्चा हुआ ही नहीं, तो बेटा कैसे दे जाएँगे आपको?...? गुरुजी हम बीमार हैं, इंजेक्शन लगा दीजिए। बेटे! हम कैसे लगा देंगे। नहीं गुरुजी! आप तो महात्मा हैं, एक...
- जब हनुमान जी का ब्याह हुआ नहीं, उसके बच्चा हुआ ही नहीं, तो बेटा कैसे दे जाएँगे आपको?...? गुरुजी हम बीमार हैं, इंजेक्शन लगा दीजिए। बेटे! हम कैसे लगा देंगे? नहीं गुरुजी! आप तो महात्मा हैं, एक...
- जब हनुमान जी से हमने पूछा कि क्या आप भूखे मरे जाते हैं?...? वे बोले—गुरुजी! हमारे पास पूरा इंतजाम है और कमी पड़ेगी तो हाथ-पाँव से कमा लेंगे और खा लेंगे। भक्त लोग...
- जब हनुमान्, अंगद,
नल-नील जैसे रीछ-वानर मिलकर राम को जिताने का श्रेय ले सकते हैं, तो कोई कारण नहीं
कि नवसृजन के कार्यक्षेत्र में जुझारू योद्धाओं की सहायता के लिए अदृश्य सत्ता,
दृश्य घटनाक्रमों के रूप में सहायता करने के लिए दौड़ती चली न आए?...? ....नि:सन्देह
कठिनाई बड़ी है और उसे पार करना भी दुरूह है। पर हमें उस परम सत्ता के सहयोग पर
विश...
- जब हनुमान्, अंगद, नल-नील जैसे रीछ-वानर मिलकर राम को जिताने का श्रेय ले सकते हैं, तो कोई कारण नहीं कि नवसृजन के कार्यक्षेत्र में जुझारू योद्धाओं की सहायता के लिए अदृश्य सत्ता, दृश्य घटनाक्रमों के रूप में सहायता करने के लिए दौड़ती चली न आए?...? विपन्नताएँ इन दिनों सुरसा जैसे मुँह बनाए खड़ी दीखती हैं। आतंक रावण स्तर का है। प्रचलनों के चक्रवात, ...
- जब हम अपनी बात को ठीक समझने के लिए दृढ़ हैं तो दूसरे को वैसी दृढ़ता के लिए क्यों कोसना चाहिए?...? गायत्री का ‘प्र’ अक्षर कहता है कि दूसरों की भूलों और कमियों के प्रति हमें कठोर नहीं, उदार होना चाहिए...
- जब हम अपनी वृत्तियों को भगवान के साथ मिला देते हैं तो क्या करना होता है?...? हमको भगवान की मरजी के मुताबिक चलना होता है। जब आप भगवान की मरजी के मुताबिक चलने लगते हैं तो उसी दिन ...
- जब हम अपने गुरुजी की उम्र सात सौ वर्ष बताते हैं तो सोच सकते हैं कि गायत्री माता की उम्र क्या व कितनी होगी?...? उस उम्र की आप कल्पना भी नहीं कर सकते। सृष्टि जितनी पुरानी है, उससे भी कहीं अधिक आयु की यह गायत्री मा...
- जब हम एक मंत्री के आने पर दुनिया भर की सफाई करते हैं, अच्छा खाने-पीने का प्रबन्ध करते हैं, तो भगवान के लिए क्यों नहीं कर सकते?...? क्या भगवान की हैसियत एक मंत्री जैसी भी नहीं है?
जब आप जप करें तो यह मानकर चलिए कि हम अपनी माता क...
- जब हम ऐसा सोचते हैं कि अपने स्वार्थ की पूर्ति में कोई आँच न आने दी जाए और दूसरों से अनुचित लाभ उठा लें, तो वैसी ही आकांक्षा दूसरे भी हम से क्यों न करेंगे?...? लेने और देने के दो बाट रखने में ही सारी गड़बड़ी पैदा होती है। यदि यही ठीक है कि हम किसी के सहायक न बने...
- जब हम देना शुरू करते हैं तो क्या हो जाता है?...? हमारा वो अधिकार हो जाता है कि पाने के लिए हम अपने आपको पात्र साबित कर सकें। हम नाक से गन्दी हवा निकाल...
- जब हम देना शुरू करते हैं तो क्या हो जाता है?...? हमारा वो अधिकार हो जाता है कि पाने के लिए हम अपने आप को पात्र साबित कर सकें। हम नाक से गन्दी हवा निका...
- जब हम देवी की पूजा कर ही लेते हैं, तो हमको आध्यात्मिकता के विकास की जरूरत क्या है?...? मनोकामना अपने आप पूरी हो जाएगी।
मित्रो! आप गलतफहमी में मत रहिए। मैं कहता हूँ कि आपके योगाभ्यास क...
- जब हम पैदा हुए थे तो हमारी माँ की छाती में गरम दूध के दो कटोरे दे करके भेजा था, तो फिर क्या वह हमारी आगे वाली जिन्दगी को सँभालने वाला नहीं है?...? ‘‘जाको राखे साइयाँ, मार सके न काये। बाल न बाँका कर सके, जो जग बैरी होय॥’’ मित्रो! भगवान का विश्वास ...
- जब हम बीमार ही नहीं पड़ते, तो आपरेशन कराने की जरूरत ही क्या है?...? राजा बहुत नाराज हुए। उसने कहा कि आप लोग बीमार क्यों नहीं पड़ते? लोगों ने कहा कि बीमार न पड़ने की दो ...
- जब हम भगवान के ही हो गए तो हमारे माँगने का सवाल ही कहाँ रहा?...? इसलिए हमने कोई वरदान नहीं माँगा, कोई इच्छा नहीं जताई। क्यों साहब! आपकी इच्छा क्यों नहीं हुई? बेटे! इ...
- जब हम मिल ही गए, जब हम समर्पित ही हो गए, तो फिर हमारा अहं कहाँ रहा?...? फिर हम रहे कहाँ? हम तो मिल गए, उस सिन्धु में जा मिले। नाला सिन्धु में जा मिला, तो वह सिन्धु हो गया। ...
- जब हम यहाँ आए तब शुरू में ऐसा लगा कि अरे यह क्या हुआ?...? बच्चों को, कुटुम्बियों को रोते हुए छोड़ आए, यह क्या हुआ? कहते हैं कि जब राम वनवास गए, तो सारी अयोध्य...
- जब हम रामलीला में जाते हैं तो वहाँ लक्ष्मण भी बन जाते हैं और जब रामलीला खतम हो जाती है, तब हमारा बाप धुनिए की अपेक्षा करता है और तब हम धुनिए हो जाते हैं; अच्छा तो आप यह सब करते हैं?...? हाँ साहब! हमारा नाम बहुरूपिया है। बहुरूपिया कैसा होता है? बहुरूपिया ऐसा होता है, जो कभी सिपाही बन जा...
- जब हम विदेश जाने लगे तो हमने यह कहा कि आप हमको संसार भर में भेजते हैं, उनकी लैंग्वेज में उनकी भाषा में हम बोल नहीं सकते, तब आप हमको क्यों भेजते हैं?...? हमको हिन्दी आती है, अंग्रेजी हम बोल नहीं सकते और वहाँ तो अंग्रेजी में ही बोलना पड़ेगा। जब मुझे भे...
- जब हमने किसी जमाने में 1000 कुण्डीय यज्ञ किए थे, तो लोग यह कहते थे कि आप कर लेंगे, 1000 कुण्डीय यज्ञ?...? आप तो जरा से हैं, आपकी क्या हैसियत है, जो आप कर लेंगे।
आचार्य जी आप यह मत करिए, पण्डित जी आप यह मत...
- जब हमने बालक के विषय में पूछा तो अश्रुपूरित नेत्रों से कहने लगीं, ‘‘आप भूल गए, जब मैं रोते हुए गुरुजी के पास आई थी?...? उन्होंने ही मेरी झोली खुशियों से भर दी है।’’
श्री केसरी कपिल जी एवं श्रीमती देवकुमारी श्रीवास्तव(श्...
- जब हमारे पास पेन है, तो लिखना क्यों सीखें?...? माला हमारे पास है, तो हम जीवन को परिष्कृत क्यों करेंगे? जब हम देवी की पूजा कर ही लेते हैं, तो हमको आ...
- जब हमारे बच्चे उच्छृंखल और उद्दण्ड रहेंगे, तो हम इनसे क्या आशा करेंगे?...? हमारे राष्ट्र की नींव जब इन्हीं बच्चों पर आधारित है, तो जब नींव ही नहीं सँभाली गई, तो ईंटें कहाँ रहे...
- जब हमारे यहाँ कोई मेहमान आता है, तब पता नहीं हम उसके लिए क्या-क्या करते हैं?...? हम उसका बहुत स्वागत-सत्कार करते हैं। जब हम एक मंत्री के आने पर दुनिया भर की सफाई करते हैं, अच्छा खान...
- जब हमारे ही लड़के नहीं हैं, तो हम इनकी कैसे मदद करें?...? अगर हम अपने लड़के पैदा कर लेते तो आपके भी कर देते। भगवान शिवजी के मास ट्राई करते हैं और कहते-महादेव ज...
- जब हमें यह काम सौंपा गया तो उसे करने में आना-कानी कैसी?...? दिव्य सत्ता के संकेतों पर चिरकाल से चलते चले आ रहे हैं और जब तक आत्मबोध जागृत रहेगा तब तक यही स्थिति...
- जब हर आदमी घबराता हो तो समाज में अच्छे काम के लिए कौन मदद करेगा?...? बुराइयों को आप दूर कैसे कर पायेंगे? हम बुराइयों को दूर करने के लिए और अच्छाइयों का सम्वर्द्धन करने के...
- जब हर आदमी हैरान करेगा, तो आपको गुस्सा कैसे नहीं आएगा?...? इसलिए मित्रो! क्या करना चाहिए? अपना व्यक्तिगत जीवन सुख और शान्तिमय बनाने के लिए अपने कुटुम्ब और परिवार...
- जब हर आदमी हैरान होगा तब आपको गुस्सा क्यों नहीं आयेगा?...? इसलिए क्या करना चाहिए? अपना व्यक्तिगत जीवन सुख और शान्तिमय बनाने के लिए अपने कुटुम्ब और परिवार के बा...
- जब हर आदमी हैरान होगा तो आपको गुस्सा क्यों नहीं आयेगा?...? इसीलिये क्या करना चाहिए कि अपना व्यक्तिगत जीवन सुख और शान्तिमय बनाने के लिये अपने कुटुम्ब और परिवार ...
- जब हर चीज खुराक चाहती हैं, तो फिर क्या वजह है कि हमारा अनुष्ठान खुराक नहीं चाहेगा?...? अनुष्ठान को क्या खुराक मिलनी चाहिए? उस दिन आपको इशारा किया था? मैं चाहता हूँ कि आपको गम्भीर होना चाहि...
- जब हर छोटा बड़ा काम सफलता के स्तर तक पहुँचने के लिए आवश्यक सूझबूझ, श्रमशीलता और साधन सामग्री की अपेक्षा करता है तो उसका अपवाद कैसे हो सकता है?...? परिवार निर्माण का प्रत्यक्ष पक्ष इतना ही है, कि उस परिधि में रहने वाले प्रत्येक परिजन का वर्तमान सुख...
- जब हानि-लाभ, जीवन-मरण, यश-अपयश, भाग्य लेख के अनुसार ही मिलता है तो प्रयत्न पुरुषार्थ की माथापच्ची करने से क्या लाभ?...? जो होना है वह तो होगा ही। फिर रोग की चिकित्सा, शत्रुओं से सुरक्षा, उपार्जन के लिए दौड़-धूप, पढ़ने में ...
- जब होश-हवास ही दुरुस्त नहीं, तो समस्या क्या?...? और उसका समाधान खोजने का क्या मतलब? पर जब मानवी गरिमा की गहराई तक उतरने की स्थिति बन पड़े तो फिर माता...
- जब ‘‘वसुधैव कुटुम्बकम्’’ की बात मानते हो, तब इतने सारे प्राणियों के रहते, तुम अकेले कैसे?...? मनुष्यों को ही क्यों प्राणी मानते हो? यह जीव-जन्तु क्या तुम्हारे अपने नहीं? फिर सूनापन कैसा? हमारी य...
- जबकि चाल दोनों की एक जैसी, साधन, ड्राइवर आदि एक जैसे, फिर यह दूरी का अन्तर क्यों पड़ गया?...? साथ-साथ क्यों नहीं चलती रहीं? इसका एक ही उत्तर है उनकी दिशा बदल गयी। जीवन की दिशाधारा बदलने का आधार ...
- जबकि भगवान जानता है कि अपने प्यारे बच्चे को सुखी बनाने के लिए क्या किया जाना चाहिए और अगर वह रास्ता भूल गया है, तो इसको सही कैसे किया जाना चाहिए?...? भगवान प्यार करना भी जानता है और दण्ड देना भी जानता है। अज्ञान के कारण मनुष्य अपनी तृष्णाओं से, वासना...
- जबकि शंकर भगवान के भक्त जिन्होंने क्या से क्या अनुदान प्राप्त किए हैं जो भी तप करने के लिए खड़ा हो गया, वह न जाने क्या से क्या प्राप्त करता चला गया?...? हम और आप जैसे शिव-उपासक उस शक्ति को प्राप्त न कर सकते हों-ऐसी बात नहीं, पर कहीं न कहीं चूक रह जाती ह...
- जबकि शंकर भगवान के भक्त जिन्होंने क्या से क्या अनुदान प्राप्त किए हैं, जो भी तप करने के लिए खड़ा हो गया वह न जाने क्या से क्या प्राप्त करता चला गया?...? हम और आप जैसे शिव-उपासक उस शक्ति को प्राप्त न कर सकते हों सो ऐसी बात नहीं, पर कहीं न नहीं चूक रह जात...
- जबान की प्रशंसा से क्या फायदा हो सकता है?...? जबान की दुनिया इतनी बेईमान और मक्कार है कि बाहर से वह प्रशंसा करके भीतर से तेरा मखौल उड़ाती है, दिल...
- जबान के जायके का अभ्यास आपको यहाँ नहीं हो सका, तो आप जहाँ कहीं भी कार्यकर्ताओं के बीच में जाएँ?...? आपको एक छाप छोड़ने की बात मन में लेकर के जानी चाहिए कि हम जबान के जायके को कंट्रोल में करके आए हैं। अ...
- जबान नहीं खोलेंगे, संकोच में बैठे रहेंगे, तो बात कैसे बनेगी?...? जबान के द्वारा ही तो हम आपके मन की आग दूसरों के मस्तिष्क में प्रवेश करा सकेंगे। इसलिए यहाँ आपको प्...
- जबान से भले ही न कहे, लेकिन बाद में बहुत गालियाँ देगा और लड़ने आयेगा और कहेगा कि आपने हमारे स्वामीजी का क्यों अपमान किया?...? उनकी फोटोग्राफ या तस्वीर अगर हम ले आएँ और उनका अपमान करने लगें तो क्या कोई आर्य समाजी बर्दाश्त करेगा...
- जबान से हम कहते हैं तो क्या बना?...? रीकॉग्नीशन नहीं हो सका। मान्यताएँ, निष्ठाएँ परिपक्व नहीं हो सकीं। निष्ठाओं को परिपक्व करने के लिए बर...
- जमा करने की बात सोचते रहे, स्वामी बनने की बात सोचते रहे, मालिक बनने की बात सोचते रहे, लेकिन आपके मन में उपयोग की बातें कहाँ आयीं?...? यदि उपयोग की बातें आपके मन में आतीं, तो आप सोचते कि जितना आपको मिला है वह पर्याप्त है, बहुत है। अग...
- जमा न हों तब?...? जमा तो आपका 25 रुपया है और आप 2500 रुपए का चैक काट दें, तब वापस हो करके आ जाएगा और वो आपने जिसको बैं...
- जमाई को आप क्या देंगे?...? जमाई को मिठाई खिलायेंगे, चाय पिलायेंगे, काफी पिलायेंगे और जब जमाई विदा होंगे, तो पैंट उनको दान में...
- जमाई में और हममें क्या फर्क है?...? जमाई हमारी बेटी को प्रसन्न रखता है। जो कमाता है, हमारी बेटी की हथेली पर रखता है। अपनी बेटी को खुश ...
- जमाई होने से क्या मतलब है?...? जमाई होने से यह मतलब है कि यह दुनिया भगवान की बेटी है। यह सभ्यता और संस्कृति भगवान की बेटी है। भगव...
- जमाने की माँग क्या है?...? जमाना जो चीज माँगता है, हम वह बराबर देते हुए चले जाते हैं। जमाना बीड़ी माँगता है, इसलिए हम बीड़ी देत...
- जमाने की हवा ने आपकी लड़की को क्या बना दिया?...? आप इस बारे में शर्म के मारे कुछ कहना नहीं चाहते हैं।
जमाने की हवा तो देखिए
मित्रो! जमा...
- जमाने को दिशाएँ देगा कौन?...? जमाने में हेर-फेर करेगा कौन? जमाने में हेर-फेर करने और दिशाएँ देने के लिए जरूरत उन लोगों की है, जो ल...
- जमाने को फिर उठाएगा कौन?...? जमाने को दिशाएँ देगा कौन? जमाने में हेर-फेर करेगा कौन? जमाने में हेर-फेर करने और दिशाएँ देने के लिए ...
- जमाने में हेर-फेर करेगा कौन?...? जमाने में हेर-फेर करने और दिशाएँ देने के लिए जरूरत उन लोगों की है, जो लोगों के दिमागों को मोड़ने में...
- जमीन के भीतर क्या छिपा हुआ है?...? बाहर तो मिट्टी है, पर जरा-सा खोद दें तो मिलेगा—पानी। और जरा गहरा खोदें तो पेट्रोल मिलेगा। जहाँ आप बै...
- जमीन के भीतर क्या छिपा हुआ है?...? बेटे, बाहर तो मिट्टी है, पर भीतर सम्पत्ति है, बहुमूल्य संपदा है। मित्रो! आदमी के व्यक्तित्व के भीतर ज...
- जमीन के साथ में क्या काम करता है?...? बेटे! धूप में खड़ा रहता है। रगड़ता रहता है, खोदता रहता है, गोड़ता रहता है। साल भर तक अपना शरीर और अपना...
- जमीन के साथ में क्या काम करता है?...? बेटे! धूप में खड़ा रहता है। रगड़ता रहता है, खोदता रहता है, गाड़ता रहता है। साल भर तक अपना शरीर और अपना ...
- जमीन को जोता नहीं गया है, खाद-पानी नहीं दिया गया है—तो ऐसी ऊबड़-खाबड़ जमीन में अच्छी पैदावार की आप कैसे उम्मीद रखेंगे?...? इसलिए अध्यात्म के साथ में दो सिद्धान्त जुड़े हुए हैं। एक सिद्धान्त यह मिला हुआ है कि जो इसके लिए कर्मक...
- जमीन कौन है?...? देव। किसान से जो कुछ भी वसूल करती है। अनाज के रूप में, उसे सैकड़ों गुना करके अनाज के ही रूप में वापस ...
- जमीन नहीं होगी तो बीज कैसे फलेगा?...? मनुष्य का चरित्र सबसे बड़ा है। चरित्रवान की वाणी से वचन कहे जाएँगे, जो मंत्र बोले जाएँगे वे सत्य होते...
- जमीन नहीं होगी, तो क्या आप बगीचा लगा सकते हैं?...? नहीं लगा सकते। पानी का इन्तजाम पहला है, खाद का इन्तजाम पहला है, जमीन का इन्तजाम पहला है। नहीं साहब...
- जमीन मिल जाने के उपरान्त यह देखना था कि वहाँ-कहाँ, क्या बनाना है?...? यह भी एकाकी ही निर्णय करना पड़ा। सलाहकारों का परामर्श काम न आया, क्योंकि उन्हें बहुत कोशिश करने पर भी...
- जमीन में उर्वरता और नमी न हो तो जड़ें खुराक कहाँ से खींचें, इसी प्रकार पोषक तत्वों का जमीन में बाहुल्य होते हुए भी जड़े सड़ी गली हो तो पौधों को आहार पाने और बढ़ने का अवसर कैसे मिले?...? एकांगी स्थिति अपर्याप्त है। दिन-रात, नर-नारी, ताना-बाना, ऋण-धन मिलकर जिस तरह एक संयुक्त शक्ति बनते औ...
- जमीन में हल जोते बिना, बीज बोये बिना फसल कैसे प्राप्त हो सकती है?...? बिना मेहनत के कोई चीज कैसे पायी जा सकती है? मेहनत-मशक्कत करने के बाद ही सारी चीजों को प्राप्त कि...
- जमीन वालों के नाम बताइए?...? जमीन वालों के नाम बताता हूँ—अभी। बताइए एक-आध का नाम? चलिए मैं औरों के नाम बता सकता हूँ जैसे राजा हरि...
- जमीन सुखी हुई हो और जमीन पिए नहीं तो?...? घास पैदा होगी कि नहीं? घास पैदा नहीं हो सकती। सारी-की जो अध्यात्म की प्रक्रिया है, वह पात्रता का संव...
- जमीन से लेकर साधन जुटाने तक के अनेकों झंझट कैसे उठाये जा सकेंगे?...? अकेला चना क्या भाड़ फोड़ेगा, अपने अकेले हैं और कौन साथ देगा? आदि-आदि निषेधात्मक चिन्तन करते रहा जाय ...
- जमीनों की कमी है क्या?...? अमेरिका में कितनी जमीन खाली पड़ी है। एशिया के लोग कितने घने बसे हुए हैं। अफ्रीका की कितनी जगह खाली पड़...
- जरा आप बताइए, यह क्या चक्कर है?...? सारे खानदान वाले अटके हुए हैं कि आपको तो ब्याह करना चाहिए। इन खानदान वालों की बात माने कि नहीं माने?...
- जरा उनका नाम बताइये?...? दो-एक का नाम बताइये मुझे? बाल्मीकि, अजामिल, सदन कसाई। अच्छा! तो इसी चक्कर में हैं आप। कसाई की दुकान ...
- जरा एक खोपड़ी को देखिये और आपके गले में, आपके हृदय में वो खोपड़ी भी रहनी चाहिए और आपके शरीर के ऊपर मुर्दे की राख भी रहनी चाहिए और आपको यह ध्यान रहना चाहिए कि हमारा असली निवास कहाँ है?...? शंकर भगवान मौत के देव हैं। मौत के देव—जिनको हमने भुला दिया है।...
- जरा देखना कैसे कस-कस के लड़ाई होती है?...? मेढ़ाओं की लड़ाई देखी है आपने? जिन्दे मेढ़ों की लड़ाई न देखी हो, तो पण्डितों की लड़ाई देखना। जब ब्याह-शाद...
- जरा देखिए तो सही, वह पागल सन्त आप से बड़ा है कि नहीं?...? उन्होंने कहा—हाँ, यह तो मुझसे बड़ा है। क्यों? क्योंकि हम तो दुपट्टा भी पहनते हैं, तंबूरा भी लिए हुए ह...
- जरा देर पाँव को दबाया, तो उन्होंने कहा—अच्छा तो मैं तुझे बादशाह बना दूँ?...? भला मैं बादशाह कैसे बन सकता हूँ? मैं तो गाँव का आदमी हूँ, बकरी चराता हूँ और छोटा हूँ। उन्होंने क...
- जरा पता तो लगाएँ कि भाई मामला क्या है?...? यह तो सही है कि इसका आशीर्वाद फलित हो जाता है।...
- जरा बताइए न, ओवरसीयर को पड़ सकती है, इंजीनियर को पड़ सकती है पर हर बच्चे को ज्योमेट्री पढ़नी पड़े इसकी कोई तुक है?...? ऐसे तो बहुत से विषय हैं जिन्हें कहा जाए यह भी जरूरी होता है तो जमीन खोदने से लेकर के और आसमान में ता...
- जरा बताओ तो सही तुममें से कोई एक आदमी भी ऐसा है?...? कैसा? जिसने वास्तविक सुख का, वास्तविक आनन्द का उपभोग किया हो। अरे अभागे लोगो! तुममें से कोई एक आदमी ...
- जरा बताना तो सही, खेत का मालिक कहाँ है?...? चलो, छिपकर बैठ जायें, कहीं वह पकड़ न ले। जब वह चला जायेगा, तो हम फिर खेत काट लेंगे।...
- जरा बताना, वो कैसे खाए जाते हैं?...? डबलरोटी के टोस्ट होते हैं। पहले उनकी स्लाइसें बनती हैं, फिर उनको हीटर पर गरम करते हैं और फिर उन ...
- जरा भी विपरीत परिस्थिति आई, तो आप तिलमिला गए और जाने कहाँ, किधर आपका चिन्तन चला गया कि आपकी श्रद्धा कहाँ रही?...? श्रद्धा तब होती है बेटे! गुरुजी ने स्वतंत्रता आन्दोलन में कार्य किया था, तो सारे घर के लोग विरोधी थे...
- जरा यह पुस्तक पढ़ तो सही, तब पता चलेगा, क्या है?...? इस जमाने में सारे-के-सारे सुल्तानपुर को उन्होंने जाग्रत कर दिया। उन्होंने कोई कोना नहीं छोड़ा, कोई स...
- जरा यह पुस्तक पढ़ तो सही, तब पता चलेगा, क्या?...? इस जमाने में सारे के सारे सुल्तानपुर को उन्होंने जाग्रत कर दिया। उन्होंने कोई कोना नहीं छोड़ा, कोई स्...
- जरा विश्लेषण, पोस्टमार्टम करके देखिए कि इस सबके बावजूद विचारों की, दर्शन की भ्रष्टता यदि बनी रही तो वह करता क्या है?...? वह खुद जलता है, दूसरों को जलाता है। दियासलाई अपने आपको जला के खत्म कर देती है, दूसरों को जला देती है...
- जरा सी मिट्टी हाथ में ली, लकड़ी फिराई, फूँक मार दी और क्या बन गया?...? रुपया बन गया। इस प्रकार से बन सकता है रुपया? अगर मिट्टी से फूँक मार करके रुप...
- जरा हमको दिखाना?...? उसने दिखाया। पॉली को उसने बहुत सी बातें याद कराकर रखी थीं। उसका फोटो भी मैं खींचकर लाया था। उसको उ...
- जरा-सा लड़का क्या बोल सकता है?...? इसमें क्या हिम्मत है? उन्होंने कहा कि जब आ ही गया है, तो बेइज्जती के साथ उनसे यह कह दिया गया कि अच्छ...
- जरा-सी है और आदमी का खर्चा?...? खर्चा भी कम और कुटुम्ब का? कुटुम्ब पालने में हमको बाहरी शक्ति लगानी पड़ती है? कुटुम्ब तो खिलौने हैं। ...
- जराजीर्ण काया को त्यागते समय जीव काे दु:ख तो हो सकता है, पर नए जन्म का आनन्द इसके बिना लिया भी तो नहीं जा सकता?...? नश्तर चलाते समय सर्जन निर्दयता से फोड़े की चीर-फाड़ करते हैं, पर मवाद निकलने पर कष्ट मुक्ति का आनन्द...
- जराजीर्ण मरणासन्न में नवजात जैसा परिवर्तन-प्रत्यावर्तन करते रहना जिसका प्रिय विनोद है, उसे इस अँधेरे को उजाले में बदल देने जैसा प्रभात पर्व लाने में क्यों कुछ कठिनाई होगी?...? युग परिवर्तन में दृश्यमान भूमिका तो प्रामाणिक प्रतिभाओं की ही रहेगी, पर उसके पीछे अदृश्य सत्ता का अस...
- जरूरत की बात कहेंगे तो चीजें मिल जाएँगी?...? हाँ चीजें तो मिल जाएँगी, लेकिन नुकसान हो जाएगा। क्या नुकसान हो जाएगा? जैसे ही चीज मिलेगी उससे ज्यादा...
- जरूरत की बात कहेंगे तो चीजें मिल जाएँगी?...? हाँ चीजें तो मिल जाएँगी, लेकिन नुकसान हो जाएगा। क्या नुकसान हो जाएगा? जैसे ही चीज मिलेगी उससे ज्यादा...
- जरूरत पड़ती है तो इतनी अकल हम कहाँ से लाते?...? इतनी बुद्धि कहाँ से लाते, जिससे वेदों का भाष्य करते। वेदों का भाष्य चार आदमियों ने किया है, पाँच...
- जरूरत पड़ने पर सिर्फ इतना ही पूछते हैं कि किसी सामान की आवश्यकता तो नहीं है, कोई चीज तो नहीं चाहिए?...? बस, जिस सामान की जरूरत होती है, लाकर दे देते हैं, बाकी सारे-का समय तीर्थयात्री या कल्प-साधक त्रिवेणी...
- जरूरतमंद किसे कहते हैं?...? जरूरतमंद उसे कहते हैं, जिसका किसी वजह से काम रुका हुआ हो। बेचारे की गाड़ी रुक गई है, गाड़ी चल नहीं सकत...
- जरूरी क्या है कि आप दूसरों का दबाव मानें?...? जरूरी क्या है कि आप दूसरों का दबाव मानें? जरूरी क्या है कि आप दूसरों के बहकावे में आएँ? जरूरी क्या ह...
- जरूरी क्या है कि आप दूसरों के बहकावे में आएँ?...? जरूरी क्या है कि आप दूसरों को प्रसन्न करने की कोशिश करें? अपने ईमान को प्रसन्न कर लीजिए, बहुत है—भगव...
- जरूरी क्या है कि आप दूसरों को प्रसन्न करने की कोशिश करें?...? अपने ईमान को प्रसन्न कर लीजिए, बहुत है—भगवान को प्रसन्न कर लीजिए बहुत है। आत्मा और परमात्मा को जो आद...
- जर्मनी वाले वहम में हैं?...? वो भी नहीं हैं। दूसरे वाले भी वहम में नहीं हैं, क्योंकि वे अध्यात्म को समझते नहीं। और आप समझते भी है...
- जल को मुँह से लगाने का क्या मतलब है?...? सीधे जाकर कुल्ला कीजिए न! ऐसा कर कि बालटी भरकर पानी ला और सारे शरीर को धो डाल। नहीं साहब! मुँह धोना ...
- जल को मुँह से लगाने का क्या मतलब है?...? सीधे जाकर कुल्ला कीजिए न! ऐसा कर कि बाल्टी भरकर पानी ला और सारे शरीर को धो डाल। नहीं साहब! मुँह धोना...
- जल क्या सिखाता है?...? जल सिखाता है हमारा श्रम और हमारा पसीना श्रेष्ठ कामों के लिए और श्रेष्ठ वृत्तियों के लिए नियोजित हो। ...
- जल में डूब मरे, तो क्या?...? चलेगा? हाँ बेटे, यह रिवाज अच्छा हो तो चलना चाहिए, लेकिन साथ में एक और रिवाज चलना चाहिए। क्या चलना चा...
- जल से क्या मतलब है?...? जल से मतलब है बेटे, —श्रम। श्रम से मतलब है—पसीना। आप पसीना बहाइए। पसीने से क्या मतलब होता है? इसका म...
- जल ही चढ़ाना है तो किसी भी पौधे में क्यों न चढ़ाया जाये?...? माँ बोली-तुलसी में जल चढ़ाना धर्म कृत्य माना है क्योंकि इन देवी की जड़ से लेकर पत्ते और बीज तक मनुष्य ...
- जलने का अर्थ क्या हो गया?...? 'तपाना' हो गया। बेटे! ये सारी की सारी चीजें इस बात को सिखाती और समझाती हैं कि हमारा जीवन कष्टमय जीवन...
- जलाने के बाद रसायन बन जाती है?...? पारे को हम जला देते हैं और उसका रसायन बना देते हैं। हकीम जी का यही धंधा है, जलाना-जलाना.........। अर...
- जलाराम बापा का नाम नहीं सुना है क्या आपने?...? वो मेहनत करते थे और मसक्कत करते थे, लेकिन जो कमाई उनके पास आती थी, उसको सबको बाँट देते थे, खाते नहीं...
- जलाशयों की सम्पदा को मारक तत्त्वों से भरते कारखाने, पीने योग्य पानी छोड़ेंगे भी या नहीं?...? आकाश-वायुमण्डल जिस प्रकार प्रदूषण से, विकिरण से, कोलाहल से निरन्तर भरता चला जा रहा है, उससे पृथ्वी क...
- जली हुई जीभ के द्वारा किस तरीके से मंत्रों का उच्चारण और कैसे मंत्र को सफलता मिले?...? जीभ जले नहीं, इसके लिए हमारे चरित्र और आचरण उच्चकोटि के होने चाहिए।मंत्र कारतूस के तरीके से हैं और म...
- जलेबी क्या होती है?...? मिट्टी। खाना कौन चाहता है? मिट्टी। ये क्या हैं? ये हमारी भौतिक इच्छाएँ हैं। हमारी जीभ की मिट्टी मिर्...
- जलेबी से आप क्या करते हैं?...? भाई साहब! जैसे ही जलेबी मिलती है, झट से चबाकर उदरस्थ कर लेते हैं। तो फिर आप किससे प्यार करना चाहते...
- जल्दी- जल्दी लाने का उसे क्या मिलेगा?...? आपने एक रुपये का जो सामान खरीदा है, उसमें से जो बीस पैसे बचे, जब बैरा बिल लावे तो उस बीस पैसे को उ...
- जल्लाद किसे कहते हैं?...? जल्लाद उसे कहते हैं जो मारे हंटरों के चमड़ी उघाड़ डालता है। ऐसा भी है भगवान? हाँ बेटे, ऐसा भी भगवान ...
- जवान आदमी और राजगोपालाचार्य?...? राजगोपालाचार्य की जब मृत्यु हुई थी, तो वे अस्सी वर्ष को भी पार कर गए थे। वे कौन थे? जवान आदमी, और ...
- जवान आदमी हर एक से पूछता है, माँ से पूछता है कि माताजी आपको क्या चाहिए?...? पिताजी आपको क्या चाहिए? देवी जी आपको क्या चाहिए? धर्मपत्नी से पूछता है कि क्या चाहिए आपको? पड़ोसी से...
- जवान आदमी, और हम और आप?...? हम और आप बुड्ढे आदमी हैं, जर्जर आदमी हैं, टूटे हुए और लकवा के मारे हुए आदमी हैं। कंगाली के मारे हु...
- जवान की ही क्यों छापी?...? जवान की हमने इसलिए छापी कि आपकी आँखों में हम शालीनता उत्पन्न करना चाहते थे और यह कहना चाहते थे कि ...
- जवान को तो बच्चा कैसे बना पाएँगे हम?...? बच्चे की माँ के पेट में तो कैसे धकेल पाएँगे? सम्भव नहीं हैं। आपकी उमर तो जरूर बढ़ेगी और आपके शरीर पर ...
- जवान को हम बच्चा कैसे बना पाएगें?...? बच्चे को हम माँ के पेट में किस तरीके से धकेल पाएगें? बच्चे को पेटवाले को पीछे पिता के वीर्य कण के रू...
- जवान बनकर क्या दूसरा विवाह करेंगे?...? क्या सिनेमा में जाने का मन है कि नाचने का मन है? क्यों? जवानी में क्या है? और बुढ़ापे में क्या खराबी ...
- जवान हुए कि बुड्ढे?...? नहीं साहब! न बुड्ढे से जवान हुए और न जवान से बुड्ढे हुए। इसमें क्या है? कुछ नहीं। इसमें आँवले की चटन...
- जवानी किसमें रहती है?...? देवता में रहती है। देवता जवान होता है। देवता अगर बूढ़े होने लग जाएँ, तो समझना चाहिए कि ये सब बेकार ह...
- जवानी किसमें रहती है?...? देवता में रहती है। देवता जवान होता है। देवता अगर बूढ़े होने लग जाएँ तो समझना चाहिए कि ये सब बेकार है...
- जवानी में क्या है?...? और बुढ़ापे में क्या खराबी है? आप बुड्ढे को जवान बनाने वाली बात मत सोचिए।...
- जवानों को गायत्री की शिक्षा क्या है?...? भाइयो! मैं क्या कह सकता हूँ आपसे, गायत्री की कितनी शिक्षाएँ हैं? आज में पहले यही बताना चाहूँगा आपको ...
- जवानों को गायत्री की शिक्षा क्या है?...? भाइयो! मैं क्या कह सकता हूँ आपसे गायत्री की कितनी शिक्षाएँ हैं? आज मैं पहले यही बताना चाहूँगा आपको क...
- जवाब यह है कि आपमें से किसी को बीमा कंपनियों के बारे में जानकारी है क्या?...? बीमा एजेंट के बारे में कुछ जानते हैं आप? बीमा एजेंट काम करता रहता है। क्या करता रहता है? बीमा करा दि...
- जवाहर लाल नेहरू को क्या कमी थी?...? वे मोतीलाल नेहरू के बेटे थे, आनन्द भवन में आनन्द एवं मौज का जीवन जी रहे थे। उन्होंने जब महसूस कि या ...
- जवाहरलाल जी की यह उक्ति स्वीकार्य है कि किसी देश की प्रगति का मापदण्ड है कि उसका महिला समाज कितनी प्रगति कर चुका है?...? परन्तु भारत में नारी का पश्चिमीकरण, विवाह में माँगों की प्रथा, नारी का आर्थिक स्वावलम्बन आदि ने नई स...
- जहर खाने के बाद में बचाव करने की आशा कौन करेगा?...? आज ठीक इसी तरह की परिस्थितियाँ हैं, जिसमें सभी लोग-सम्पन्न अमीर, गरीब, भारतीय, विदेशी और प्रवासी ए...
- जहाँ आपको एक ही घण्टा बोलने के लिए मिलेगा, वहाँ आप किस तरीके से कहेंगे?...? अगर आप वहाँ संक्षेप में एक ही बात बताकर चल देंगे, तो लोगों की समझ में नहीं आयेगा और आपको उसी तरह क...
- जहाँ एक-दूसरे के प्रति निष्ठा और विश्वास का क्या कहना?...? रामायण में एक प्रसंग आता है, जब लव-कुश ने देखा कि हनुमान जी और लक्ष्मण जी अश्वमेध के घोड़े को लिए चले...
- जहाँ कण-कण में भगवान व्याप्त हों, वहाँ बन्धन कैसा?...? जिस भाग पर जन्म लेने के लिए देवता तरसते हों, जहाँ अवतारों ऋषियों और धर्मात्माओं का निरन्तर प्रवाह बह...
- जहाँ क्रमबद्ध साधनाएँ, शिक्षण, सत्संग की व्यवस्था न हो, उन देवालय क्षेत्रों में क्या किसी को कुछ लाभ मिलेगा?...? गंगाजल की काँवर कन्धे पर रखकर अपने निकटवर्ती शिवालय पर चढ़ाने और रास्ते को पैदल पार करते हुए मार्ग म...
- जहाँ खाने के लिए बढ़िया-बढ़िया चीजें मिलती हों, सवारियाँ मिलती हों, मोटरें मिलती हों, तो मुझे स्वर्ग जाने की आवश्यकता है क्या?...? मित्रो! फिर तो मैं अशोका होटल चला जाऊँगा, नटराज होटल चला जाऊँगा और वहाँ मौज किया करूँगा। दो सौ रुप...
- जहाँ जख्म नहीं है, वहाँ किस तरीके से कीड़े पड़ेंगे?...? जिसको भगवान का विश्वास है, वह आदमी भगवान से डरता है, उसके इंसाफ से डरता है, उसके कायदे और कानून ...
- जहाँ पर साधन हैं, सुविधा है, वहाँ किनको रहना चाहिए?...? बीमारों को रहना चाहिए, बुजुर्गों को रहना चाहिए। वहाँ थके हुए लोगों को रहना चाहिए। शान्तिकुञ्ज में...
- जहाँ पानी नहीं मिलता, वहाँ का क्या हाल हो रहा है?...? रेगिस्तानों में क्या हाल हो रहा है? जैसलमेर में क्या हाल हो रहा है? रेगिस्तान में जहाँ पानी नहीं ह...
- जहाँ पाप वृत्ति न हो वहाँ शरीर का स्पर्श दूषित कैसे होगा?...? हम अपनी युवा पुत्री के शिर और पीठ पर स्नेह का हाथ फिराते है तो पाप कहाँ लगता है। सान्निध्य पाप नहीं ...
- जहाँ प्रजा के सात-आठ सौ नुमाइन्दे बैठते हैं, वहाँ स्त्रियों की संख्या कितनी है?...? लोक संख्या के अनुपात से देखा जाए तो स्त्रियों की संख्या कम से कम आधी होनी चाहिए। आज उनकी संख्या दस फ...
- जहाँ प्रयोग करने के बाद में विश्वभर को बतायेंगे कि मन को काबू में करके मनस्वी कैसे बना जा सकता है?...? और स्वयं को तथा अन्यान्यों को कैसे ऊँचे उठाया जा सकता है? हमारी यह प्रयोगशाला है। यह आश्रम हमारी शुर...
- जहाँ प्रेमी परिजनों के अनुदान निरन्तर बरसते हुए हमें कृतज्ञता में डुबो देते हैं वहाँ बन्धन कैसा, जिससे छुटकारा पाने को मुक्ति की कल्पना में विचरण किया जाये?...? जन्म-मरण तो एक-सी परिस्थिति की नीरसता से नवीनता के उल्लास में परिणित होने का मनोरंजन मात्र है। उसमें...
- जहाँ फालतू चीजें बची हुई हैं, वहाँ की चीजें दूसरों को क्यों नहीं मिलनी चाहिए?...? अमेरिका में इतनी जमीन खाली पड़ी है, अफ्रीका में इतनी जमीन खाली पड़ी है और इंडिया वाले, चाइना वाले मर...
- जहाँ मवेशी बाँधे जाते हैं, वहाँ का तो कहना ही क्या?...? सफाई एक सार्वजनिक आदत है। हम भारतीयों को अपनी सार्वजनिक गन्दगी पर लाज आनी चाहिए। जहाँ दूसरे राष्ट्रो...
- जहाँ लोग बीमार पड़े हुए थे, कॉलरा फैला हुआ पड़ा था, तपेदिक फैला हुआ पड़ा था, ऐसे मरीज डॉक्टर के पास नहीं आ सके, वहाँ डॉक्टर चले गये, कहाँ चले गये?...? वहाँ चले गये, जिन गाँवों में कॉलरा फैला हुआ था, हैजा फैला हुआ था, तपेदिक फैैला हुआ था।...
- जहाँ वह प्रश्न करता है कि शिखा से क्या फायदा?...? उसने बहुत सवाल कर लिया। अब हम उसकी बात का जवाब देंगे। अब हमारी बारी आई है, हम जवाब देंगे। अब हम यह स...
- जहाँ वह प्रश्न करता है कि शिखा से क्या फायदा?...? उसने बहुत सवाल कर लिया। अब हम उसकी बात का जवाब देंगे। अब हमारी बारी आई, हम जवाब देंगे। अब हम यह सिद्...
- जहाँ साधन हैं, वहीं पर सन्त को रोककर रखा जाय, यह भी कोई तुक है?...? जहाँ पर साधन हैं, सुविधा है, वहाँ किनको रहना चाहिए? बीमारों को रहना चाहिए, बुजुर्गों को रहना चाहिए...
- जहाँ स्वर्ग था - स्वर्ग कहाँ था?...? स्वर्ग हिमालय के उस इलाके में है जिसको नन्दनवन कहते हैं - गोमुख से आगे। स्वर्ग जमीन पे था। सुमेरु पर...
- ज़बान गन्दी है तो क्या करेगी गायत्री और क्या करेंगे हनुमान जी?...? इनमें से कोई सिद्ध होने वाली नहीं है। गंदे नाले में आप थोड़ा सा गंगाजल डाल दीजिए, गंगा जल भी उसी तर...
- जा करके क्या काम किया उन्होंने?...? जो उनकी जान-पहचान के थे, जिनके यहाँ नौकरी करते थे वहाँ जा पहुँचे। उन्होंने कहा—अरे! तू फिर आ गया। बे...
- जा-जा, हम क्यों खाएँगे तुझे?...? अभी तो भूख भी नहीं है, हम क्यों उठेंगे? बस, टाँग चौड़ी करके शेर पड़ा रहता है। उठिए तो सही, सवेरा हो ...
- जाँच-पड़ताल इसकी भी करनी चाहिए कि उसमें इतनी शक्ति है क्या?...? जो भौतिक विज्ञान द्वारा प्रस्तुत की जाने वाली उपलब्धियों की तुलना कर सके और साथ ही अब तक की विकृतियो...
- जाँचा यह भी जाना चाहिए कि उसका उपयोग लोकहित के लिए किस प्रकार और कितना बन बड़ा?...? यदि इसकी कसौटी को छोड़ दिया जाए तो सर्प-बिच्छुओं की शरीर संरचना ही प्रशंसा की पात्र बनेंगी। चीते और ...
- जागते हुए को कोई क्या कहे?...? क्या सोते से जाग पड़ने की आवश्यकता समझाए? प्रचार माध्यम अब अपनी विश्वसनीयता खोते चले जा रहे हैं, क्य...
- जाग्रत आत्माएँ, जीवन्त आत्माएँ क्या हैं?...? जब गुलाब का फूल खिलता है, तब उसके ऊपर भौरे आते हैं, तितलियाँ आती हैं और न जाने कौन-कौन आता है। सब दू...
- जाग्रत आत्माएँ, जीवन्त आत्माएँ क्या हैं?...? जब गुलाब का फूल खिलता है, तब उसके ऊपर भौंरे आते हैं, तितलियाँ आती हैं और न जाने कौन-कौन आता है। सब द...
- जाग्रत और जीवन्त आत्मा कैसी होती है?...? बहादुर, साहसी, संकल्पवान आत्मा, उत्कृष्टता और आदर्शवादिता जिसके अन्दर ये विशेषताएँ हों। उदाहरण के लिए...
- जाता क्यों नहीं?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘माताजी मैंने 11 वर्ष तक घर न जाने का संकल्प लिया है।’’ इस पर माताजी बोलीं, ‘‘संकल्प ...
- जाति के आधार पर आप ब्राह्मण है?...? नहीं बेटे, जाति से हम ब्राह्मण नहीं हैं, जाति से हम धोबी हैं। धोबी कैसे हैं? नहीं साहब! आप तो कह...
- जाति क्या होती है?...? जाति कुछ नहीं होती। सन्त और ऋषि के यहाँ जाति नहीं होती। गुण, कर्म, स्वभाव की समरूपता ही परिवार होता ह...
- जाति तो न जाने किसने बना दी?...? ब्राह्मण एक वर्ग होता है, एक तबका होता है। ब्राह्मण उस तबके को कहते हैं, जो अपने मन को काबू में रख क...
- जाति-लिंग के नाम पर पनपने वाली विषमता का अनीतिमूलक और दु:खदाई प्रचलन भी क्यों रहेगा?...? मनुष्य स्नेह और सहयोगपूर्वक रहने के लिए पैदा हुआ है। लड़ने, मरने और त्रास देने के लिए नहीं। यदि आपाध...
- जादू किसे कहते हैं?...? आपका अभी सिर दर्द हो रहा है और अभी बन्द हो जाये तो? महाराज जी! यह जादू है। हाँ बेटे, हम जादूगर है...
- जादू किसे कहते हैं?...? जिसमें आदमी को मशक्कत नहीं करनी पड़ती, मेहनत नहीं करनी पड़ती, कीमत नहीं चुकानी पड़ती। इसमें सात्विकता...
- जादू किसे कहते हैं?...? जरा सी मिट्टी हाथ में ली, लकड़ी फिराई, फूँक मार दी और क्या बन गया? रुपया बन गया। इस प्रकार से बन सकता...
- जादू किसे कहते हैं?...? इस हाथ दे, उस हाथ ले। मित्रो! ऐसा नहीं हो सकता। हम पेड़ लगाते हैं, तो फल लगने में समय लग जाता है। नह...
- जादू क्या होता है?...? मिट्टी में फूँका, हो गया जादू। यही है तेरा अध्यात्म? बाजीगर कहीं का, बाजीगरी सीखने आया है। क्या सिखा...
- जादू क्या होता है?...? मिट्टी में फूँका, हो गया जादू। यही है तेरा अध्यात्म? बाजीगर कहीं का, बाजीगरी सीखने आया है। क्या सिखा...
- जादू सही है या गलत?...? जादू गलत है। फिर सही क्या है? बेटे, सही है इसकी साइंस। मिट्टी से रुपया बन सकता है? कैसे बन सकता है? ...
- जादू से कैसे हो गया?...? हमको भी सिखा दीजिए। बेटे, जिस जादू से दुनिया में बड़े-बड़े काम हुए हैं और अध्यात्म का प्रचलन हुआ है, उ...
- जादू से कैसे हो गया?...? हमको भी सिखा दीजिए। बेटे, जिस जादू से दुनिया में बड़े-बड़े काम हुए हैं और अध्यात्म का प्रणयन हुआ है, उ...
- जादूगरी किसे कहते हैं?...? मिट्टी हाथ में रखते हैं और जादू करते हैं और रुपया हाथ में आ जाता है। यह क्या हो गया? जादू हो गया। ...
- जान से क्या मतलब है?...? जान से मेरा मतलब यह है कि आप प्रत्येक कर्मकाण्ड को जीवन्त कर दें। जीवन्त कैसे करते हैं? यही तो आज ...
- जानता नहीं, टाइम किसे नहीं मिलता?...? जो चीजें दुनिया में सबसे वाहियात होती हैं, बेसिलसिले की होती हैं, बेकार होती हैं, बेवकूफ की होती हैं...
- जानता है किसे कहते हैं भार सौंपना?...? भार सौंपना उसे कहते हैं, जब सारी-की क्षमता को, सारी-की जिम्मेदारियों को भगवान के सुपुर्द किया जाता ह...
- जानते हैं आप?...? हनुमान जी का किस्सा सुना है न! वे सुग्रीव के यहाँ नौकरी करते थे। बाली के डर के मारे वह छिप गए। दोनों...
- जानवर कहाँ उनकी पूजा और प्रार्थना करते हैं?...? इतने पृथ्वी के जीव-जन्तु हैं, इनमें से कौन पूजा-प्रार्थना करता है, तो क्या भगवान ध्यान नहीं रखते? तब...
- जानवर कहाँ उनकी प्रार्थना, पूजा करते हैं?...? इतने सृष्टि के जीव-जन्तु हैं, इसमें से कौन पूजा, प्रार्थना करता है? तो क्या भगवान ध्यान नहीं रखता? त...
- जानवर का बच्चा पैदा होने के बाद में, खरगोश का बच्चा पैदा होते ही घास खाने लगता है और भाग जाता है; लेकिन मनुष्य का बच्चा?...? मनुष्य का बच्चा तो कितना बड़ा हो जाता है, फिर भी माँ की देख−भाल के बिना, संरक्षण के बिना, उसका दूध पि...
- जानवर के लिए कहाँ जगह हो सकती है?...? जानवरों के लिए कोई जगह नहीं है और इंसान के लिए? बेटे, इंसान के लिए हर जगह प्यास है, लेकिन ऐसा आदमी...
- जानवरों को बोलना आता है?...? कुत्ते को पढ़ना-लिखना आता है? बकरी को कपड़ा पहनना आता है? गधों के शादी-ब्याह क्या होते हैं? नहीं होते।...
- जानवरों से पूछ कि काम वासना के सम्बन्ध में आपका क्या ख्याल है?...? तो साँड़ आपको यह बताएगा कि हम बैलों और गायों के साथ घूमते तो रहते हैं और यदि गाय कुछ कहना चाहती है, ...
- जानवरों से पूछा—सीता आपने देखी?...? किसी ने जवाब नहीं दिया, तो चिल्ला करके हवा से पूछने लगे—सीता! सीता! कहीं सीता हों तो जवाब दें। कहाँ ...
- जाना कहाँ हैं?...? उनके सिद्धान्त क्या हैं? आखिर हमको बनना क्या है, इष्ट इसी का नाम है।...
- जाने इतने पैसे का क्या करते थे?...? हमने कई बार पूछा कि स्वामी जी आप इन पैसों का क्या करते हैं? हर साल आपको हजारों रुपये की आमदनी होती...
- जाने कहाँ-कहाँ जा रहा है?...? हम कहते हैं कि इन भावनाओं को त्याग दो। आप अपने को समर्पित करिए, फिर देखिए आपको कुछ मिलता है कि नहीं।...
- जाने का मन होता है?...? मन तो होता है, पर हम कैसे जा सकते हैं। आपकी ये बात वो बात सब तराजू में तौलते हैं, तो मालूम पड़ता है ...
- जाने का मन होता है?...? मन तो होता है, पर हम कैसे जा सकते हैं? आपकी ये बात वो बात सब तराजू में तौलते हैं, तो मालूम पड़ता है न...
- जाने कितनी शिक्षाएँ मेरे पास पड़ी हुई हैं?...? लेकिन मैं देखता हूँ कि इन बच्चों के ऊपर जुल्म करना होगा, अगर मैं इन्हें सीधे एम० ए० का पाठ पढ़ाना शु...
- जाने कितनी शिक्षाएँ मेरे मास पड़ी हुई हैं?...? लेकिन मैं देखता है कि इन बच्चों के ऊपर जुल्म करना होगा, अगर में इन्हें संधि एम०ए० का पाठ पढ़ाना शुरू...
- जाने कैसे उनकी समझ में आ गया?...? वे एक दिन ले आईं। कई बार तो मैंने मना कर दिया। फिर मेरा भी मन आ गया कि शायद कुछ फायदा हो जाए और ज्या...
- जाने कौन है, चोर है, ठग है और चाहता क्या है?...? मैं यह सोच रहा था कि वह चला गया। जब वह अदालत में पहुँचा तो उसने कहा कि मैं हैरत में रह गया।...
- जाने कौन-कौन हमारे यहाँ जन्म लेंगे?...? आज जो स्थिति है, वह तो आप भी जानते हैं और हम भी जानते हैं। अभी क्या? अभी तो देखते जाओ, हमारे घरों मे...
- जाने क्या से क्या खा जाती हैं?...? बस इधर से उधर, उधर से इधर मारे-मारे लोग डोलते हैं यहाँ से वहाँ। न उसमें अकल, न कोई विवेक। हम देखते ...
- जाने क्या से क्या बनाया?...? ये सृष्टि जो कुछ भी दिखाई पड़ती है, जिन वस्तुओं से बनी हुई है, विज्ञान वाला भाग है। गायत्री मंत्र की ...
- जाने हृदय में क्या रख देती है कि रात-दिन मालूम नहीं पड़ता है कि रात और दिन यह कहाँ निकल गया और किधर को गया?...? जो भी व्यक्ति दिखाई पड़ते हैं और जब हम छोड़ के आते हैं, तो वे रोते-बिलखते ऐसे मालूम पड़ते हैं जैसे अ...
- जापान के गाँधी ने विचार किया कि जब हमें समाज की सेवा करते हुए रोटी, कपड़ा मिल सकता है तो मेरे लिए क्या नुकसान है?...? उन्होंने सहर्ष इस कार्य को अपनाया तथा जन-सेवा में लग गये।मित्रो! यह बात मैं विवेकशीलता की कर रहा हूँ...
- जापानी ने कहा-महादेव हम उद्योग करते हैं धोखा नहीं देते?...? चीनी बहुत घबराये और समझ गये कि उद्योगी को ईमानदार भी होना चाहिए? (५) महात्मा गाँधी के पास जाकर एक यु...
- जायका किसमें है?...? गिरी में है। और खोपरे में? खोपरा चबाइए और दाँत तोडि़ए। खोपरे की कोई कीमत है? नहीं है। कर्मकाण्ड, जिस...
- जायका किसमें है?...? गिरी में है। और खोपरे में? खोपरा चबाइए और दाँत तोड़िए। खोपरे की कोई कीमत है? नहीं है। कर्मकाण्ड जिसक...
- जायेंगे तो कहाँ ठहरेंगे?...? इस पर गुरुजी ने कहा, ‘‘मैं तो कहीं जाता नहीं। लेकिन यदि जाना ही पड़ा तो जबलपुर में, मैं अपने बेटे लोक...
- जारी रखा जाय तो कैसे, कब तक?...? अभी कितनी और पूँजी इस गोरखधन्धे में लगानी पड़ेगी? वह आयेगी कहाँ से?आत्म रक्षा को महत्त्व देने वाली सम...
- जालसाजी से भी सिद्धि पैदा होती है?...? हाँ बेटे, जालसाजी की तो चल ही रही हैं सिद्धियाँ। अधिकांश सिद्धियाँ जालसाजों की हैं।
मित्रो! ...
- जालिम अकल, बेईमान अकल, दुष्ट अकल, पापी अकल, पतित अकल और कमीनी अकल हमारे ऊपर बे-हिसाब रूप से हावी हो गई है और हमको न जाने कहाँ-कहाँ ले जाती है और न जाने क्या-से कराती है, न जाने कितने तरह के जाल बुनने को हमें मजबूर करती है और न जाने कहाँ-कहाँ हमको भटकाती और ले जाती है?...? बेटे! यह अकल एक कोने पर, लेकिन जहाँ तक आध्यात्मिक जीवन का सम्बन्ध है, जहाँ तक भगवान की भक्ति का सम्बन्ध...
- जाहिल कहीं का, रामायण की व्याख्या करने चला है?...? बुद्धू कहीं का। नहीं साहब! रावण भी भगवान् था और वह भगवान् का वैर करके भक्ति कर रहा था और भरत जी प्या...
- जिन्दगी के बदले तुझे क्या खरीदना चाहिए था और तूने क्या खरीद लिया?...? तूने सारे के सारे ट्रैवलर चेक ऐसे ही खराब कर दिए? हर दिन नया जन्म, हर रात नई मौत— बेटे! मरने के ...
- जिन्दगी कहाँ है?...? जिन्दगी बाहर नहीं हमारे भीतर है और बुद्धि जिसकी वजह से हम रुपया कमाते हैं, सम्मान कमाते हैं, वह बाहर ...
- जिन्दगी कहाँ है?...? जिन्दगी बाहर नहीं, हमारे भीतर है और बुद्धि जिसकी वजह से हम रुपया कमाते हैं, सम्मान कराते हैं, वह बाहर...
- जिन्दगी का महत्त्व आपको कहाँ मालूम है?...? जिन्दगी की सामर्थ्य आपको कहाँ मालूम है? जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपको कहाँ मालूम हैं? जिन्दगी की सम्भावनाएँ ...
- जिन्दगी का महत्त्व आपको कहाँ मालूम है?...? जिन्दगी की सामर्थ्य आपको कहाँ मालूम है? जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपको कहाँ मालूम हैं? जिन्दगी की सम्भावनाएँ ...
- जिन्दगी का मूल्य और महत्त्व समझकर मैं चौंक पड़ा कि चौरासी लाख योनियों में घूमने के बाद मिलने वाली यह जिन्दगी मखौल है क्या?...? इसके पीछे महान उद्देश्य छिपे हुए हैं। भगवान् ने यह मौका दिया है। एक, इनसानी जिन्दगी हमारे हाथ में देक...
- जिन्दगी की कीमत आपकी समझ में कहाँ आई है?...? आप करोड़ों में अपने को दरिद्र मानते हैं, अपने को दुखी मानते हैं, अपने आप को अभागा मानते हैं। समस्याओ...
- जिन्दगी की कीमत आपकी समझ में कहाँ आई है?...? आप करोड़ों में अपने को दरिद्र मानते हैं, अपने को दुखी मानते हैं, अपने आप को अभागा मानते हैं। समस्याओ...
- जिन्दगी की कीमत आपको कहाँ मालूम है?...? जिन्दगी का महत्त्व आपको कहाँ मालूम है? जिन्दगी की सामर्थ्य आपको कहाँ मालूम है? जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपक...
- जिन्दगी की कीमत आपको कहाँ मालूम है?...? जिन्दगी का महत्त्व आपको कहाँ मालूम है? जिन्दगी की सामर्थ्य आपको कहाँ मालूम है? जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपक...
- जिन्दगी की कीमत किसे कहते है?...? अपने व्यक्तित्व को बनाना, अपने जीवन को बनाना, अपनी जीवात्मा को महात्मा, देवात्मा बनाना और परमात्मा ब...
- जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपको कहाँ मालूम हैं?...? जिन्दगी की सम्भावनाएँ अगर आपको मालूम होती तो आपकी आँखें टॉर्च के तरीके से चमकती और आपकी गरदन फूलकर शेर...
- जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपको कहाँ मालूम हैं?...? जिन्दगी की सम्भावनाएँ अगर आपको मालूम होतीं तो आपकी आँखें टार्च के तरीके से चमकती और आपकी गरदन फूलकर शे...
- जिन्दगी की सामर्थ्य आपको कहाँ मालूम है?...? जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपको कहाँ मालूम हैं? जिन्दगी की सम्भावनाएँ अगर आपको मालूम होती तो आपकी आँखें टॉर्च...
- जिन्दगी की सामर्थ्य आपको कहाँ मालूम है?...? जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपको कहाँ मालूम हैं? जिन्दगी की सम्भावनाएँ अगर आपको मालूम होतीं तो आपकी आँखें टार्...
- जिन्दगी बढ़ा करके आप क्या करेंगे?...? मित्रो! हमको अकल मिली हुई थी। इतनी शानदार अकल कि यदि हमने उसका फायदा अपने लिए उठाया होता, घरवालो...
- जिन्दगी भर रह करके आप यहाँ क्या करेंगे?...? ज्ञान सीखेंगे। तो ज्ञान का क्या करेंगे? ज्ञान को कर्मयोग में परिणत कीजिए। ज्ञानयोग की सार्थकता इसी...
- जिन्दा छोड़ देने के लिए मैंने क्या यह भक्ति की है?...? अब तो आपकी ईंट से ईंट बजाकर जाऊँगा। शंकर भगवान ने कहा- ठीक है बेटे, जो कुछ होगा देखा जायेगा। शंक...
- जिन्दा भजन किसे कहते हैं, जरा बताना?...? संस्कृत में भजन शब्द जिससे बना है, पहले इसे देखिए कि इसका क्या अर्थ है? पहले इसके माने बताइए, तब आगे...
- जिन्दा में आपके पास है नहीं तो मरने के बाद क्या हो सकता है?...? सेवा से ही फलित होगी साधना इसलिए मित्रो! आपके पास होने लायक एक ही चीज है कि आप अपनी गरिमा का संवर्द्...
- जिन्दा रहें तो क्या और जिन्दा न रहें तो क्या?...? यहाँ रहें तब और हिमालय पर चले जाएँ तब, आपका हक और आपका हिस्सा आपको न दें, ऐसी बात नहीं है। बेटे! हम ...
- जिन्दा है कि मर गया?...? उन्होंने कहा—महाराज जी! आप बैठिए, हम बुलाकर लाते हैं। मित्रो! वे लोग गये और लड़की को बुलाकर लाये।...
- जिएँगे तो देखना और नोट करना कि हमारी सफलताएँ कितनी शानदार होती हैं?...? क्यों होती हैं? क्योंकि हमने अवतार के साथ में कन्धे से कन्धा मिलाकर हनुमान के तरीके से काम करने का न...
- जिएँगे तो फिर देखना और नोट करना कि हमारी सफलताएँ कितनी शानदार होती हैं?...? क्यों होती हैं, क्योंकि हमने अवतार के साथ में कन्धे से कंधा मिलाकर हनुमान के तरीके से काम करने का निश...
- जितना समय खाने में लगता है, उतने समय में ही या थोड़े ज्यादा समय में खाना पकाने में क्या दिक्कत है?...? नहीं साहब! कोई सहायता करने वाला होना चाहिए। इसके लिए प्रकृति ने परिवार की व्यवस्था की है कि मनुष्य क...
- जितनी भी सामाजिक कुरीतियाँ हैं, उसमें क्या बात है जरा बताइए?...? आज का फायदा, कल का नुकसान। आप भी यही करेंगे, न। लोगों के रास्ते से हटिए। लोगों के रास्ते से हट करके ...
- जितने भी आदमी भगवान के भक्त हुए हैं, योगी हुए हैं, उनकी भक्ति और योग क्या योगाभ्यास तक, प्राणायाम तक या उपासना तक ही सीमित रहे?...? नहीं, मैं आपको बताना चाहूँगा कि विवेकानन्द आधा घण्टा उपासना करते थे, डेढ़ घण्टा ध्यान करते थे और गाँधी ...
- जितने भी सन्त हुए हैं, ऋषि हुए हैं, वे सब गरीब थे कि नहीं थे?...? हाँ, गरीब थे। पैसे हमको दिलवा दीजिये, तब हम भक्ति करेंगे, नहीं तो हमको नहीं भक्ति करनी। आप घर जाइये।...
- जितने यज्ञ हुए हैं, उनमें ज्यादातर मैंने सुना है कि दो-दो लाख की उपस्थिति हुई है, तो ये कितने हो गए?...? एक करोड़ व्यक्ति हो गए कि कुछ ज्यादा ही हो गए होंगे। अभी तो आप देखते जाइए, जो पंजीकृत साधक हैं, वे इ...
- जितने लोगों का भोजन घर में बनता है, उतना बाजार से खरीदकर या नौकर से बनवाकर देखा जाय और फिर घर पर बनने में आने वाली लागत को तोला जाय तो पता चलेगा कि नारी के भोजन बनाने मात्र के श्रम से परिवार की कितनी आर्थिक बचत होती है?...? बर्तनों से लेकर कपड़ों तक को साफ करने के लिए उसके श्रम का मूल्यांकन तब ही हो सकता है, जब बर्तन साफ क...
- जितने समय में सिर में तेल लगाएगा, उतने में तो हम बीस काम करेंगे, क्यों हमारा समय खराब करेगा?...? नहीं महाराज जी! विष्णु भगवान की सेवा करूँगा। बेटा! कोई जरूरत नहीं है, विष्णु भगवान को अपना काम करने ...
- जितने समय में सिर में तेल लगाएगा, उतने में तो हम बीस काम करेंगे, क्यों हमारा समय खराब करेगा?...? नहीं महाराज जी! विष्णु भगवान की सेवा करूँगा। बेटा! कोई जरूरत नहीं है, विष्णु भगवान को अपना काम करने ...
- जिन कर्मों का फल इस जन्म में नहीं मिल सका, उनके लिए ईश्वर के दरबार में कोई व्यवस्था नहीं है क्या?...? सद्गति और दुर्गति का कोई माध्यम न हो तो फिर शुभ कर्म और अशुभ कर्म करने वालों को तदनुरूप प्रतिफल कैसे...
- जिन गुणों और क्षमताओं के द्वारा वह भार उठा सकती है, हाथ बँटा सकती है उन्हें कौन जगाए, कौन बढ़ाए?...? वह स्वयं उन्हें भूल चुकी है और समाज उसके विकास को अधर्म एवं अनावश्यक माने बैठा है। यदि उस पर लगे प्र...
- जिन गुणों और क्षमताओं के द्वारा वह भार उठा सकती है, हाथ बँटा सकती है उन्हें कौन जगाये, कौन बढ़ाये?...? वह स्वयं उन्हें भूल चुकी है और समाज उसके विकास को अधर्म एवं अनावश्यक माने बैठा है। यदि उस पर प्रतिबन...
- जिन घरों में स्वयंभू मनु और शतरूपा रानी की परम्पराएँ नहीं हैं, उन घरों में हम कैसे जिएँगे?...? उनका कुधान्य खाकर हम कितने दिन जिएँगे? इसलिए देवताओं ने मना कर दिया था और रीछ-बन्दरों के घरों में पै...
- जिन चींटियों के बिलों पर आटा डाला गया था उन्हें दूसरे ही क्षण कुत्ता उदरस्थ कर गया होगा तो वे बेचारी क्या कहती होंगी?...? उन्हें पुण्य प्रदर्शन के ढिंढोरचियों को शादी में दौलत उड़ाने वालों का ससुर और जमाता भविष्य में इन धन ...
- जिन दिनों में बौद्ध धर्म का बहुत विस्तार था जापान में और बौद्ध धर्म के प्रति बहुत निष्ठा थी, तब एक बाहर के आने वाले व्यक्ति ने बौद्ध बालक से ये पूछा कि अगर तुम्हारे देश पर बुद्ध भगवान हमला करें और हिन्दुस्तान से हिन्दुस्तानियों को लेकर के जापान के ऊपर चढ़ाई करें; तो आप क्या करेंगे?...? तो उन्होंने कहा हम बुद्ध हैं हम बौद्ध हैं, धर्म के सिद्धान्तों को मानते हैं, हम बौद्ध धर्म को मानते ...
- जिन पर जीवन निर्भर रहता है, उन्हीं को बीन-बीन कर चकनाचूर करके रख देने की ‘सनक’ लोगों पर चढ़ी है, फलस्वरूप यह संकट आ खड़ा हुआ है कि अगले दिनों जीवित तक रह सकना कैसे बन पड़ेगा?...? विपन्न विग्रह के घटाटोपों से कैसे निपटा जाएगा? प्रकृति के साथ क्रूर मजाक करने पर उसका प्रतिफल तो भुग...
- जिन पर तू थिरकने लगेगा और नाचने लगेगा तो महाराज जी यह कैसे बजेगा?...? बेटे यह एक साधना है। किसकी? धागों की, तारों की। यह किसकी है साधना? गले की। यह है साधना पत्थर की। ये ...
- जिन पर तू थिरकने लगेगा और नाचने लगेगा, तो महाराज जी ये कैसे बजेगा?...? बेटे यह एक साधना है, किसकी? धागों की, तारों की। यह किसकी है साधना? गले की। यह है साधना पत्थर की। ये ...
- जिन बच्चों ने स्नेह पाया ही नहीं, उनका विकास कैसे होगा?...? हम शिकायत करते हैं बच्चे अनुशासनहीन हैं, कहना नहीं मानते, बुजुर्ग की इज्जत नहीं करते और मास्टरों को ...
- जिन लोगों की दृष्टि में विचारों का कोई मूल्य या महत्त्व नहीं, वे किसी कार्य में देर तक कब ठहरने वाले हैं?...? जो लोग अखण्ड ज्योति नहीं मँगा सके, जो गायत्री साहित्य नहीं पढ़ सके, वे किसी समय बड़े भारी श्रद्धावान...
- जिन लोगों के मन एक से नहीं हैं, जिन लोगों के स्वभाव एक से नहीं है, जिन लोगों के कर्म एक से नहीं हैं, प्रेम जिनके बीच नहीं है, विश्वास जिनमें नहीं है, उन्हें नारंगी की फाँक के तरीके से बाहर से जोड़कर किसी तरह से रखा जाए तो उससे क्या बनता है?...? क्या बिगड़ता है? इससे तो यह अच्छा है कि भले लोग कुसंस्कारी लोगों से अलग रहें और आपस में प्रेमभाव रखे...
- जिन लोगों के हाथ में उनका नियंत्रण है, उनको समझना पड़ेगा और कहना पड़ेगा कि लोगों की उपयोगिता के लिए आप इनका इस्तेमाल क्यों नहीं करते?...? ट्रस्टियों को समझाया जाना चाहिए। अगर उनकी समझ में यह बात आ जाए कि मन्दिर में जितना धन लगा हुआ है,...
- जिन लोगों के हाथ में उनका नियंत्रण है, उनको समझाना पड़ेगा और कहना पड़ेगा कि लोक मंगल के लिए आप इनका इस्तेमाल क्यों नहीं करते?...? ट्रस्टियों को समझाया जाना चाहिए। अगर उनकी समझ में यह बात आ जाए कि मन्दिर में जितना धन लगा हुआ है, इसम...
- जिन लोगों के हाथ में उनका नियंत्रण है, उनको समझाना पड़ेगा और कहना पड़ेगा कि लोगों की उपयोगिता के लिए आप इनका इस्तेमाल क्यों नहीं करते?...? ट्रस्टियों को समझाया जाना चाहिए। अगर उनकी समझ में यह बात आ जाए कि मन्दिर में जितना धन लगा हुआ है, इसम...
- जिन लोगों के हाथ में उनका नियंत्रण है, उनको समझाना पड़ेगा और कहना पड़ेगा कि जनता की उपयोगिता के लिए आप इनका इस्तेमाल क्यों नहीं करते?...? ट्रस्टियों को समझाया जाना चाहिए। अगर उनकी समझ में यह बात आ जाए कि मन्दिर में जितना धन लगा हुआ है, इसम...
- जिन लोगों को हम व्याख्यान देते हैं, उसे सूँघकर जब देखते हैं, चखकर के देखते हैं कि आदमी कैसा है?...? घटिया है या वजनदार? तो वे हमें छोटे-छोटे आदमी घटिया आदमी दिखाई पड़ते हैं। हमें वजनदार आदमी दिखाई नह...
- जिन लोगों को हम व्याख्यान देते हैं, उसे सूँघकर जब देखते हैं, चखकर के देखते हैं कि आदमी कैसा है?...? घटिया है या वजनदार? तो वे हमें छोटे-छोटे आदमी घटिया आदमी दिखाई पड़ते हैं। हमें वजनदार आदमी दिखाई नहीं...
- जिन लोगों ने अपने आपको बनाया है, उनको यह पूछने की जरूरत नहीं पड़ी कि क्या करेंगे?...? उनकी प्रत्येक क्रिया इस लायक बन गई कि उनकी क्रिया ही सब कुछ करा सकने में समर्थ हो गई। उनका व्यक्तित्...
- जिन लोगों ने अपने आपको बनाया है, उनको ये पूछने की जरूरत न पड़ी ‘क्या करेंगे?...? ’, उनकी प्रत्येक क्रिया इस लायक बन गई, कि वो सब कुछ कर सकने में समर्थ हो गई। उनका व्यक्तित्व ही इतना...
- जिन लोगों ने पैसा दिया, उनकी?...? नहीं, भाई साहब! उनकी भी नहीं कर रहा हूँ। तो फिर आप किसकी प्रशंसा कर रहे हैं? मैं देवता की प्रशंसा कर...
- जिन लोगों ने बालक प्रह्लाद को भगवान् की भक्ति में लगा दिया, क्या उन्होंने उसके ऊपर कुछ एहसान नहीं किया?...? बहुत एहसान किया। समाज के ऊपर कुछ एहसान नहीं किया? हाँ उन्होंने समाज के ऊपर बहुत एहसान किया, जिन्होंन...
- जिन लोगों ने राम-नाम लेना शुरू किया था, उससे पहले वे किस तरह की जिन्दगी जी रहे थे?...? राम नाम लेने के बाद में, राम का भजन करने के बाद में वे ऋषि हुए थे कि नहीं हुए थे अथवा उसी तरह के घटि...
- जिन लोगों ने स्वराज्य के लिए और उसके पूर्व स्वराज्य के लिए त्याग-बलिदान और कुरबानियाँ दी हैं, क्या आपके पास उनकी तसवीरें हैं?...? गणेश जी की तसवीर तो आप कहीं से खरीद सकते हैं, लेकिन ऋषि दधीचि की कोई तसवीर आपके नहीं मिल सकती।
...
- जिन लोगों ने हमारे साथ सहकार किया, जिन लोगों ने हमें अनुदान दिया, जिन लोगों ने हमारी सेवा की, उन लोगों के लिए क्या हमारे कुछ कर्तव्य नहीं हैं?...? क्या कोई फर्ज नहीं हैं? क्या उनका बदला नहीं चुकाया जाना चाहिए? क्या उन फर्जों से मुक्ति प्राप्त नह...
- जिन शंकर जी के चरणों में आप बैठे हुए हैं उनसे क्या कुछ सीखेंगे नहीं?...? पूजा ही करते रहेंगे आप। यह सब चीजें सीखने के लिए ही हैं। भगवान को कोई खास पूजा की आवश्यकता नहीं पड़ती...
- जिन शंकर जी के चरणों में आप बैठे हुए हैं, उनसे क्या कुछ सीखेंगे नहीं?...? पूजा ही करते रहेंगे आप! यह सब चीजें सीखने के लिए ही हैं। भगवान् को कोई खास पूजा की आवश्यकता नहीं पड़त...
- जिन साधनों की नव सृजन के लिए आवश्यकता थी, वे कहाँ से मिलें, कहाँ से आएँ?...? इस प्रश्न के उत्तर में मार्गदर्शक ने हमें हमेशा एक ही तरीका बताया था कि ‘‘बोओ ओर काटो’’। मक्का और बा...
- जिन साधनों की नवसृजन के लिए आवश्यकता थी, वे कहाँ से मिलें, कहाँ से आएँ?...? इस प्रश्न के उत्तर में मार्गदर्शक ने हमें हमेशा एक ही तरीका बताया था कि 'बोओ और काटो'। मक्का और बाजर...
- जिन-जिन के नाम आप लेते हैं, उनका हवाला दीजिए और यह बताइए कि जो राम-नाम जप करते थे और उनके मंत्र में जो चमत्कार आ गया था, तो उनकी जिन्दगी का क्रम क्या था?...? जिस गणिका का नाम आपने पहले लिया था, उसका उद्धार तो हो गया था? हाँ साहब! राम-नाम लेने से गणिका का उद्...
- जिनका खून ठंडा हो गया है, उनको मैं क्या कहूँगा?...? उनको मैं बूढ़ा आदमी कहूँगा। पच्चीस वर्ष का हो तो क्या, अट्ठाइस वर्ष का हो तो क्या, बत्तीस वर्ष का ...
- जिनका यह ख्याल था कि ब्राह्मणों को खिलाने के बाद हमें स्वर्ग भेज दिया जायेगा, उसका परिणाम क्या हुआ?...? मेरी सारी बिरादरी तेजहीन हो गयी, वर्चस्वहीन हो गयी और नष्ट हो गयी, भिखमंगी हो गयी। तुम लोग कायर हो...
- जिनकी इस तरह की ललक और लिप्सा बनी रहती है, फिर वे रामायण पढ़ने वाले हों तो क्या, गीता की कथा पढ़ने वाले हों तो क्या, अमुक कथा कहने वाले हों तो क्या?...? इनकी वाणी का कभी कोई असर पड़ने वाला नहीं है, आप देख लेना। इनकी वाणी का कोई असर पड़ने वाला नहीं है, आ...
- जिनकी क्षमताएँ कम हैं, जो उठने में असमर्थ हैं, तो क्या उनकी सेवा नहीं करनी चाहिए?...? सेवा करनी चाहिए।साथियो! सेवा और भक्ति दोनों एक ही चीज हैं। 'भज सेवायाम्' संस्कृत में 'भज' शब्द जो ...
- जिनकी दाढ़ में खून का चस्का लगा है, उन्हें किस प्रकार विरत होने के लिए सहमत किया जा सकेगा?...? इसका उत्तर एक ही है, घोड़े के मुँह में लगाई जाने वाली लगाम, ऊँट की नाक में डाली जाने वाली नकेल, हाथी...
- जिनके अन्तराल में सन्त जाग पड़ता है, वह एक ही बात सोचता है कि समय, श्रम, मनोयोग की जो प्रखरता-प्रतिभा हस्तगत हुई है, उसका उपयोग कहाँ किया जाए?...? कैसे किया जाए? इस प्रश्न का उत्तर प्राप्त करने में बहुत देर नहीं लगती। देव मानवों का पुरातन इतिहास इ...
- जिनके अन्दर संस्कार नहीं हैं उनको हजार बार हम कथा कहते रहें, पोथी पढ़ाते रहें, व्याख्यान देते रहें कुछ बनेगा क्या?...? क्या बनेगा। कितने बाबाजी आते हैं सन्त आते हैं कैसी कैसी अच्छी-अच्छी ज्ञान ध्यान की बातें करते हैं, प...
- जिनके गुरु कहाँ हैं?...? उनकी प्रेरणा ही तो आती है, उनकी छाया ही तो आती है। उन्होंने सारी जिन्दगी अपने को तपा डाला, गला डाला ...
- जिनके राज्य में कभी सूर्य अस्त नहीं होता था, उस ब्रिटिश साम्राज्य को अपना बिस्तर गोल करने के लिए विवश कर देना मुट्ठी भर सत्याग्रहियों के लिए कैसे सम्भव हो सका?...? जबकि नादिरशाह, तैमूरलंग, चंगेजखाँ जैसे सामान्य से आक्रान्ता अपने सीमित साधनों में भारत जैसे विशाल दे...
- जिनके लिए अन्न-वस्त्र ही पर्याप्त हों, उनके लिए खर्च ही कितना चाहिए?...? बच्चों की पढ़ाई के बदले मुट्ठी भर अन्न देते रहना किसी को भारी नहीं पड़ता था। छात्रों को शिक्षा और वि...
- जिनके लिए वही रोटी खाना, पैसा कमाना, बच्चे पैदा करना, इसके अतिरिक्त और कोई समस्या नहीं है, उन्हें मूढ़ के सिवाय और क्या कहा जाए?...? जिनके पास न अकल है, न दूरद्ष्टी है और न ही जिन्हें कर्तव्यों का भान है, उनके लिए मैं कुछ नहीं कह सकत...
- जिनके लिए वही रोटी खाना, पैसा कमाना, बच्चे पैदा करना, इसके अतिरिक्त और कोई समस्या नहीं है, उन्हें मूढ़ के सिवाय और क्या कहा जाए?...? जिनके पास न अकल है, न दूरदृष्टि है और न ही जिन्हें कर्तव्यों का भान है, उनके लिए मैं कुछ नहीं कह सक...
- जिनके हाथ में मन्दिर की संचालन व्यवस्था है, उन्हें सोचना चाहिए कि क्या इन केन्द्रों में लगे हुए धन का सही उपयोग हो रहा है?...? भगवान की पूजा उचित है और आवश्यक भी, पर यह अबुद्धिमत्तापूर्ण है कि प्रचुर धन-राशि और जन-शक्ति का उपयो...
- जिनके हृदय में कोई प्यार का अंकुर ही नहीं है, जिनके हृदय पाषाण के हैं, उनका क्या करें?...? उन्होंने सदैव प्यार का वह झरना बहाया, जिस झरने से लाखों की संख्या में व्यक्ति लाभान्वित होते हुए चले...
- जिनके-जिनके नाम आपने अभी लिए हैं, उनका हवाला दीजिए और यह बताइए कि जो राम-नाम जप करते थे और उनके मंत्र में जो चमत्कार आया था, तो उनकी जिन्दगी का क्रम क्या था?...? जिस गणिका का नाम आपने पहले लिया था, उसका उद्धार हो गया था? हाँ साहब! राम-नाम लेने से गणिका का उद्धार...
- जिनने लोभ, मोह और अहंकार की लिप्सा-लालसा को ही अपना लक्ष्य मान लिया है, वे उचित-अनुचित का अन्तर किस प्रकार कर सकेंगे?...? संकीर्ण स्वार्थपरता के भव-बन्धनों से छुटकारा पा सकना उनसे कैसे बन पड़ेगा? जिन्हें सम्पन्नता की तृष्ण...
- जिनमें ये हिम्मत है, जुर्रत है, वे आदमी कौन हैं?...? वे आदमी देवता हैं।
मित्रो! देवता कभी बुड्ढे नहीं होते, हमेशा जवान रहते हैं। क्यों साहब! ८० वर...
- जिनमें ये हिम्मत है, जुर्रत है, वे आदमी कौन हैं?...? वे आदमी देवता हैं।मित्रो! देवता कभी बुड्ढे नहीं होते, हमेशा जवान रहते हैं। क्यों साहब! ८० वर्ष के हो...
- जिन्दगी एक अच्छे काम के लिए लग जाय तो कोई हर्ज है क्या?...? बस वो चल पड़ी, चल पड़ी फिर हिमालय ने देखा, हिमालय ने देखा ऐसी शानदार छोकरी, ऐसा शानदार उसका मन। ऐसी शा...
- जिन्दगी एक अच्छे काम में लग जाए, तो कोई नुकसान है क्या?...? जब चल पड़ीं, तो हिमालय ने देखा—इतनी शानदार लड़की, इतने शानदार इसके कर्म, इतनी शानदार इसकी भावना कभी नह...
- जिन्दगी कहाँ है?...? जिन्दगी बाहर नहीं हमारे भीतर है और बुद्धि जिसकी वजह से हम रुपया कमाते हैं, सम्मान कमाते हैं, वह बाहर ...
- जिन्दगी का फायदा क्या हो सकता है?...? जिन्दगी हम कहाँ इस्तेमाल कर सकते हैं? यह सारी-की बातें हमको गलत मालूम पड़ती हैं और जो चीजें, जो बातें...
- जिन्दगी का रास्ता क्या?...? अपने ऊपर संयम, जीभ पर संयम। आहार का संयम, विहार का संयम। शरीर से श्रम कीजिए व वर्जिश कीजिए। सादा भोज...
- जिन्दगी की कीमत किसे कहते हैं?...? अपने व्यक्तित्व को बनाना, अपने जीवन को बनाना, अपनी जीवात्मा को महात्मा, देवता बनाना और परमात्मा बनान...
- जिन्दगी को बुहारेंगे नहीं तब?...? तब आपका शरीर, मन, कपड़ा, घर, ईमान सब गन्दगी से भर जाएँगे। ये क्या है? ये तपश्चर्या है। बुराइयों के वि...
- जिन्दगी को हम कहाँ इस्तेमाल कर सकते हैं?...? उस काम में हमको नुकसान दिखाई पड़ता है। जिन्दगी का फायदा क्या हो सकता है? जिन्दगी हम कहाँ इस्तेमाल कर ...
- जिन्दगी खुशहाल कैसे हो और सफल कैसे हो?...? इन दोनों बातों का बैलेन्स अगर हमने मिलाया होता, तो शंकरजी की पूजा और उपासना के पश्चात् जो प्रेरणा हम...
- जिन्दगी नहीं है तो?...? लाइफ नहीं है तब? आँखें रखी हैं। आप घर ले जाना इसमें से निकाल के। आँखें देखेंगी? आप देख लेना मिट्टी ह...
- जिन्दगी में आपने यह कभी कहा?...? आप तो यही कहते रहे कि आपने तो हमको मैट्रिक तक पढ़ा करके बन्द कर दिया, फिर आगे पढ़ाया ही नहीं। यह तो नही...
- जिन्दगी हम कहाँ इस्तेमाल कर सकते हैं?...? यह सारी-की बातें हमको गलत मालूम पड़ती हैं और जो चीजें, जो बातें हमारे लिए केवल नुकसान की हैं, हमारे ह...
- जिन्दा हो गया, तो क्या हमारे हाथ की बात है?...? बीमार के लिए जो भी काम आप कर सकते हैं, फर्ज समझकर कीजिए। मित्रो! आदमी के फर्जों को आदमी को करना चा...
- जिन्हें सम्पन्नता की तृष्णा और बड़े कहलाने की महत्त्वाकांक्षाएँ जकड़े रहती हैं, उनके लिए विचारशीलता के स्वच्छन्द आकाश में पंख फड़फड़ाना कैसे सम्भव है?...? आम आदमी साधनों और क्षमताओं की दृष्टि से कैसा ही क्यों न दीख पड़े, पर उसे आदर्शों की उमंगें प्रभावित ...
- जिन्होंने अपने जिम्मे लिए हैं, वे क्या पूरे हो जाएँगे?...? हाँ पूरे हो जाएँगे? यदि आपका शौर्य, साहस और पराक्रम घटिया दर्जे का होगा, तभी यज्ञ असफल होगा और आपकी ...
- जिन्होंने अपने जीवन में अध्यात्म को घुलाया नहीं, अध्यात्म का समावेश नहीं किया, भगवान को केवल पूजा की वेदी तक ही समावेश कर लिया, उनको वह लाभ कैसे मिल सकता है?...? आपको खाँसी है। च्यवनप्राश अवलेह की दवा डिब्बे में रखी हुई है। च्यवनप्राश अवलेह की १०८ माला जप करने स...
- जिन्होंने उस समय काम किया है और समय निकल जाने पर फिर अब कोई यह कहे कि हमको ऐसा अवसर मिलेगा क्या?...? कुछ नहीं मिलेगा। कुछ हाथ लगने वाला नहीं है, क्योंकि समय निकल गया। उस समय यदि आपकी भावना होती और राष्...
- जिन्होंने केवल लोकमंगल का ही ध्यान रखा, केवल भगवान के सन्देशों का ही ध्यान रखा, भगवान का प्रतिनिधि न कहें तो क्या कहें?...? भगवान के प्रतिनिधियों को जीवनयापन करने के लिए निवास से लेकर भोजन, वस्त्र तक और दूसरी चीजों के खरच की...
- जिम्मेदारियों का आप क्या करेंगे?...? आपकी परिस्थितियाँ बाधित होती हैं, तो आप अपने कर्तव्य पूरे कैसे करेंगे? बेटे! परिस्थितियों से तालमेल ...
- जिव्हा के तप के बारे में आपको मालूम है न कि चौबीस साल तक जौ की रोटी और छाछ के ऊपर निकाले हैं और बाकी तप की बातें कैसे बताएँ कि कैसे कहें, किसी ने देखा नहीं?...? हम बराबर तप करते रहे और अपने आपको मजबूत बनाते रहे, चौबीस साल तक। गुरुदेव की कृपा रही और लोहा, पारस क...
- जिस आँगन में हम खेल रहे हैं, जिस माता-पिता से हम जुड़े हैं, जिस सत्ता से, जिस शक्ति से हम जुड़े हैं, उसके प्रति हमारा क्या कोई फर्ज और कर्तव्य भी होता है?...? माँ ने पुकारा भी है कि बेटे! तू कहाँ जंजाल में फँस रहा है, हमारे काम नहीं आएगा क्या? हमारे से मतलब य...
- जिस आदमी के चेहरे पर खीज और नाराजगी दिखाई देती हो, ऐसे व्यक्ति को आप क्या कहेंगे?...? बेटे! मैं इसे घटिया आदमी कहूँगा; क्योंकि इसके चेहरे पर खीज, नाराजगी, झल्लाहट, नाखुशी, असन्तोष छाया रह...
- जिस आदमी के पास कुछ बचता ही नहीं है, वह समाज को क्या देगा?...? हमें यह कहना होगा कि अध्यात्मवादी बनने के लिए किफायतसारी बनना होगा, ब्राह्मण बनना होगा। हमने इसका ...
- जिस आदमी के पास कुछ बचता ही नहीं है, वह समाज को क्या देगा?...? हमें यह कहना होगा कि अध्यात्मवादी बनने के लिए किफायतसारी बनना होगा, ब्राह्मण बनना होगा। हमने इसका प्...
- जिस आदमी के पास जीवनयापन के साधन हैं, वह काम नहीं करेगा?...? नहीं ऐसा नहीं होना चाहिए। बेटे मैं आलस्य का हिमायती भी नहीं हो सकता, लेकिन मैं इस बात का हिमायती हूँ...
- जिस आदमी के पास रहे, क्या वह छोटा आदमी था या बड़ा आदमी था?...? उसने क्या पाया था? हाँ मित्रो! हमने बहुत पाया और अपने प्रभाव की दृष्टि से न जाने क्या-क्या पाया? मैं...
- जिस आदमी के भीतर करुणा न हो वो कोई धर्मात्मा है?...? , वो कोई भक्त हो सकता है? नहीं, भक्त नहीं हो सकता। जिसके हृदय में करुणा नहीं है, दया नहीं है, सेवा क...
- जिस आदमी के भीतर कोई करुणा न हो वह कोई परमात्मा है?...? वह कोई भक्त है! नहीं, जिसके हृदय में कोई करुणा नहीं, दया नहीं, सेवा की बुद्धि नहीं; जो उदार नहीं हो ...
- जिस आदमी को जो दण्ड मिलना चाहिए, जो सजा मिलनी चाहिए, आपका क्या यह ख्याल है कि थोड़ा-बहुत पूजा-पाठ करने से दण्डों को कम किया जा सकता है?...? आप दुनिया में एक ऐसी नई व्यवस्था कायम कराना चाहते हैं कि किसी आदमी को गलत काम करने की सजा नहीं मिलनी...
- जिस आदमी में इतनी बहादुरी और हिम्मत भरी रहती है, वह कौन होता है?...? उसको हम ईश्वर का विश्वासी कहते हैं। ईश्वर विश्वासी उसे कहते हैं जो प्रत्येक व्यक्ति के भीतर, प्र...
- जिस आधार पर यह प्रचलन चला था?...? तीर्थों को सुन्दर एवं आकर्षक बनाने में उन लोगों ने अधिक उत्साह दिखाया है जिन्हें पुण्यफल, देव अनुग्र...
- जिस कन्या को पिता दे रहा है, उससे बड़ा अनुदान और क्या हो सकता है?...? नहीं साहब, उसके साथ कुछ और लाइए। क्यों लायें? बेटी हम दे रहे हैं, तुम लाओ। बेटे वाले को बेटी वालों क...
- जिस काम के लिए जन्म मिला था वही किया क्या?...? पेट के लिए जितनी जरूरत थी उससे (ज) ज्यादा कमाते रहे क्या? कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियाँ पूरी करनी च...
- जिस काम के लिए जन्म मिला था, वही किया गया?...? पेट के लिए जितनी जरूरत थी, उससे ज्यादा कमाते रहे क्या? कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियों पूरी करनी थीं, ...
- जिस काम के लिए भी किया जा रहा है, क्रियाएँ जो भी की जा रही हैं, उनका उद्देश्य क्या है?...? आम लोगों ने क्रियाओं को यह समझ रखा है कि कोई ऐसी बात नहीं है। कुछ लोगों का यह भी ख्याल है कि क्रियाओ...
- जिस काम के लिये जन्म मिला था, वही किया क्या?...? पेट के लिये जितनी जरूरत थी, उससे ज्यादा कमाते रहे, क्या? कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियाँ पूरी करनी चा...
- जिस गंगा जी में नहा करके आये हैं, उसे कितने पैसे में खरीदा है?...? सूरज, जिसकी धूप और रोशनी में आप बैठे हैं, उसे कितने पैसे में खरीदा है? नहीं महाराज जी! मैं तो पैसे...
- जिस गणिका का नाम आपने पहले लिया था, उसका उद्धार तो हो गया था?...? हाँ साहब! राम-नाम लेने से गणिका का उद्धार हो गया था। अच्छा तो आप यह बताइए कि गणिका जो थी, राम-नाम जप...
- जिस गणिका का नाम आपने पहले लिया था, उसका उद्धार हो गया था?...? हाँ साहब! राम-नाम लेने से गणिका का उद्धार हो गया था। अच्छा तो आप यह बताइए कि गणिका जो थी, राम-नाम जप...
- जिस गाँव में चार सौ घर हैं तो क्या उस गाँव के प्रत्येक घर से एक-एक व्यक्ति एक-एक घण्टा समय समाज, देश और संस्कृति के लिए नहीं निकाल सकते?...? चार सौ घण्टे का मतलब साठ आदमियों की पूरी मेहनत। साठ आदमी एक साथ मिलकर बाग लगाने के लिए, सफाई के लि...
- जिस गाँव में चार सौ घर हैं तो क्या उस गाँव के प्रत्येक घर से एक-एक व्यक्ति एक-एक घण्टा समय समाज, देश और संस्कृति के लिए नहीं निकाल सकते?...? चार सौ घण्टे का मतलब साठ आदमियों की पूरी मेहनत। साठ आदमी एक साथ मिलकर बाग लगाने के लिए, सफाई के लिए,...
- जिस गायत्री मंत्र की महता को मैं आपको सिखाता हूँ और सारी दुनिया को समझाता हूँ, उसके बारे में अथर्ववेद में क्या समझाया गया है?...? उसके बारे में यह बताया गया है- "स्तुता मया वरदा वेदमाता प्र चोदयन्तां पावमानी द्विजानाम आयुः प...
- जिस गायत्री मंत्र की महत्ता को मैं आपको सिखाता हूँ और सारी दुनिया को समझाता हूँ, उसके बारे में अथर्ववेद में क्या समझाया गया है?...? उसके बारे में यह बताया गया है—"स्तुता मया वरदा वेदमाता प्रचोदयन्तां पावमानी द्विजानाम् आयुः प्राणं प...
- जिस घर में चौका न हो, रोटी का इंतजाम न हो, आटा न हो, दाल न हो वह कैसा घर?...? उस घर में आदमी जिएँगे कैसे? जिस तरीके से शरीर की भूख होती है, उसी तरीके से मन की भी भूख होती है और आ...
- जिस घर में चौका न हो, रोटी का इंतजाम न हो, आटा न हो, दाल न हो, वह कैसा घर?...? उस घर में आदमी जिएँगे कैसे? जिस तरीके से शरीर की भूख होती है, उसी तरीके से मन की भी भूख होती है और आ...
- जिस घर में चौका न हो, रोटी का इन्तजाम न हो, आटा न हो, दाल न हो, वह कैसा घर?...? उस घर में आदमी जिएँगे कैसे? जिस तरीके से शरीर की भूख होती है, उसी तरीके से मन की भी भूख होती है और आ...
- जिस चीज का मूल्य समझ में न आए, भला उसके सदुपयोग का सवाल कहाँ उत्पन्न होता है?...? जीवन को हम निरर्थक वस्तु मानते हैं और ये मानते रहते हैं, ये कोई भार हमारे ऊपर टँगा हुआ है, और हमको भ...
- जिस जगह जाना था, उसका टिकट क्यों नहीं लिया?...? नहीं साहब! हमको तो हरिद्वार जाना था। तो भाई साहब! आपने ऋषिकेश का टिकट क्यों लिया? कलकत्ता (कोलकाता) ...
- जिस जमीन पर हम बैठे हुए हैं, वह किसकी है?...? हमारी है। नहीं बेटे! यह हमारी नहीं है, यह ब्रह्माजी ने बनाई थी। कब बनाई थी? करोड़ों वर्ष पहले बनाई थ...
- जिस जमीन पर हम बैठे हुए हैं, वह किसकी है?...? हमारी है। नहीं बेटे! यह हमारी नहीं है, यह ब्रह्माजी ने बनाई थी, कब बनाई थी? करोड़ों वर्ष पहले बनाई थी...
- जिस तरीके से आग में डालकर सोना को तपाया जाता है, उसी तरीके से हम सिद्धान्तों की आग में, आदर्शों की आग में अपनी मलीनताओं को तपाना शुरू कर दें, तो हम क्या हो जायेंगे?...? तब हम तपा हुआ सोना हो जायेंगे, हम भस्म बन जायेंगे। जिस चीज का नाम ‘तप’ है, जिस चीज का नाम ‘योग’ है...
- जिस तरीके से मनु के कमण्डलु में मछली थी और वह मछली बढ़ती हुई कहाँ तक पहुँच गई?...? आपका मिशन भी उसी तरीके से है और यह बढ़ता हुआ चला जा रहा है। इसमें जो कोई भी भागीदार बनेगा, वह श्रेय ...
- जिस तरीके से माँ गंगा बहती चली जाती है क्या हमारा जीवन ऐसा है?...? हम अनेक रूपों में बहते हुए इस तरीके से जनमानस को उठाएँ कि उसके लिए हमारी हजार भुजाएँ हो जाएँ। हजार भ...
- जिस तरीके से माँ गंगा बहती चली जाती है, क्या हमारा जीवन ऐसा है?...? हम अनेक रूपों में बहते हुए इस तरीके से जनमानस को उठाएँ कि उसके लिए हमारी हजार भुजाएँ हो जाएँ। हजार भ...
- जिस तरीके से राम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न चारों भाइयों को लेकर वशिष्ठ जी आ गये थे, और उनको यह बतलाया था कि धर्म और राजनीति का, विज्ञान और अध्यात्म का सम्मिश्रण-समन्वय कैसे हो सकता है?...? ?आद्यशंकराचार्य का नाम सुना है न आपने। जिन्होंने चारों धाम बनाये थे। चारों धाम कौन-कौन से हैं? रामेश...
- जिस तरीके से राम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न-चारों भाइयों को लेकर वसिष्ठ जी आ गए थे और उनको यह बतलाया था कि धर्म और राजनीति, दोनों का समन्वय कैसे हो सकता है, हम भी आपको यही सिखाने का प्रयत्न कर रहे हैं कि धर्म और राजनीति का, विज्ञान और अध्यात्म का सम्मिश्रण समन्वय कैसे हो सकता है?...? आद्य शंकराचार्य का नाम सुना है न आपने। जिन्होंने चारों धाम बनाए थे। चारों धाम कौन-कौन से हैं? रामेश्...
- जिस तरीके से रामकृष्ण परमहंस से एक पादरी ने कहा, कहीं भगवान हैं?...? क्या वह दिखाओगे? बोले—चलिए में अभी उनसे ही मिलने जा रहा हूँ। चलिए भगवान से मिलने का समय हो गया है, भ...
- जिस तरीके से लाउडस्पीकर हमारी आवाज को पकड़कर उसे बाहर फैलाने का एक माध्यम है, इसी तरीके से यज्ञ एक माध्यम है, जो हमारी आवाज को पकड़ रहा है, हमारे गुरुदेव की आवाज को पकड़ रहा है, गायत्री माता की आवाज को पकड़कर रहा है तो गुरुजी आजकल तो पैसे की तंगी है, सूखा पड़ गया है, अकाल पड़ गया है, तूफान आ गया है, कैसे होगा यज्ञ?...? बेटे, हमने उस हिसाब से इन यज्ञों को रखा ही नहीं है। जो यज्ञ रखे हैं वे ऐसे हैं कि ज्यादा से ज्यादा स...
- जिस ताकत के द्वारा नये युग के निर्माण करने का तंत्र चलने वाला है, ‘ड्रिलिंग’ मशीन जिसके द्वारा जमीन में सुराख किया जाने वाला है—यह किस ताकत से चलेगी?...? बेटे—यह जिस ताकत से चलेगी वह ‘एटामिक’ ताकत नहीं है, वरन् वह आत्मिक ताकत है। आत्मिक ताकत के बिना हम न...
- जिस दिन आप अपने भीतर प्यार पैदा करेंगे, उस दिन आपके मन में ऐसी उमंग और एक ऐसी हिलोर उत्पन्न होगी कि हमको कैसे दूसरों की सहायता करनी चाहिए?...? कैसे हम दूसरों की मदद करें? जब आप दूसरों की सहायता करने के लिए आमादा होंगे तो आपको अपने में से कटौती...
- जिस दिन आप अपने भीतर प्यार पैदा करेंगे, उस दिन आपके मन में ऐसी उमंग और एक ऐसी हिलोर उत्पन्न होगी कि हमको कैसे दूसरों की सहायता करनी चाहिए?...? कैसे हम दूसरी की मदद करें? जब आप दूसरों की सहायता करने के लिए आमादा होंगे तो आपको अपने में से कटौती ...
- जिस दिन आप प्यार पैदा करेंगे, उस दिन आपके मन में से एक ही उमंग और ऐसी हिलोर उत्पन्न करेगी कि हमको कैसे दूसरों की सहायता करनी चाहिए, कैसे हम दूसरों की मदद करें?...? जब दूसरों की सहायता (करने) करने के लिए आमादा होंगे, तो आपको अपने में से (क) कटौती करनी पड़ेगी, साधु औ...
- जिस दिन आप प्यार पैदा करेंगे, उस दिन आपके मन में से एक ही उमंग और ऐसी हिलोरें उत्पन्न होंगी, कि हमको कैसे दूसरों की सहायता करनी चाहिए?...? जब दूसरों की सहायता करने के लिये आमादा होंगे तो आपको अपने में से कटौती करनी पड़ेगी, फिर साधु और ब्राह...
- जिस दिन आप मुसीबत माँगेंगे, उस दिन क्या हो जायेगा?...? आपकी और आपके भगवान की वेल्डिंग हो जायेगी। दोनों की वेल्डिंग हो जायेगी और आपको चिपका दिया जायेगा। आ...
- जिस दिन आप यह करने को तैयार हो जाएँगे तो उस दिन आप देखिएगा क्या-क्या होता है?...? भगवान की मरजी तो पूरी करिए फिर देखिए आपको कुछ मिलता है या नहीं। भगवान नीयत देखते हैं। अभी मैंने सुदा...
- जिस दिन आप सबको अपना मानने लगेंगे और अपने को सबका मानने लगेंगे, तब फिर आप जरा देखना तो सही कैसा मजा आता है, कैसा आनन्द आता है?...? जीवन में, गतिविधियों में कैसा हेर-फेर होता है और आपकी प्रसन्नता किस तरीके से जमीन से आसमान तक छूने ल...
- जिस दिन आपकी पात्रता विकसित हो जाएगी, उस दिन क्या होगा?...? दैवी अनुग्रह बरसेंगे।
मित्रो! दैवी अनुग्रह बरसते हैं, माँगे नहीं जाते। ये हवा जो है, ऑक्सीजन ...
- जिस दिन आपकी पात्रता विकसित हो जाएगी, उस दिन क्या होगा?...? दैवी अनुग्रह बरसेंगे।मित्रो! दैवी अनुग्रह बरसते हैं, माँगे नहीं जाते। ये हवा जो है, आक्सीजन लेकर आती...
- जिस दिन कहीं यह आ गया मैं-मैं-मैं-मैं-मैं क्या होती है?...? आपको मालूम होना चाहिए कि गुरुजी ने यह शब्द कभी नहीं कहे। यह शब्द कहे होंगे कि बेटा, तुम्हारे लिए भगव...
- जिस दिन से गाँधी जी ने नमक बनाया, मेरे अन्दर हिम्मत आ गयी कि हम भी गाँधी जी के साथ नमक बनाएँगे, उनके सत्याग्रह में भाग लेंगे और न जाने क्या-क्या करेंगे?...? इस बात को जानकर हमारे घर के हर आदमी नाराज हो गये। तब हमारी १६ वर्ष की उम्र थी। हमें एक कमरे में बन्द...
- जिस दिन हमारी नीयत में यह भाव आया कि हमारे गुरुदेव की कृपा और अनुग्रह का फायदा सिर्फ हमको मिलना चाहिए और हमारे स्वार्थों की सिद्धि होनी चाहिए और हमें उनके किसी काम नहीं आना चाहिए, तब?...? तब मेरा ऐसा ख्याल है की सारी सहायता बन्द हो जाएगी, एक सेकंड में टेलीफोन कट जाएगा और यह कह देगा कि आप ...
- जिस देश में ऐसे जबरदस्त कथावाचक हों, उस देश में हनुमान क्यों नहीं पैदा होने चाहिए?...? उस देश में तो रामभक्त पैदा होने ही चाहिए और हनुमान पैदा होने ही चाहिए। जिस देश में गीता के ऐसे जबर...
- जिस देश में समाज को ऊँचा उठाने के लिए, मानव जाति की पीड़ा और पतन को दूर करने के लिए आदमी कुरबानी करने के लिए तैयार न हों, वहाँ किस तरीके से खुशहाली आ सकती है?...? मित्रो! हमारे अध्यात्म का क्रम ही गन्दा हो गया। पहले अध्यात्म का क्रम साबुन के तरीके सा था। इसमें स...
- जिस नारी का शील बिगड़ा उसे फिर से शुद्ध कैसे किया जाय?...? जिस आदमी की जेब कटी, उसे कहाँ तलाश किया जाय। जो मर गया या दूर है उसे वह राशि किस प्रकार लौटाई जाय। त...
- जिस पर मनुष्य का भविष्य टिका है, क्या उसके लिए कुछ नहीं कर सकेंगे?...? अपने लिये अधिक, समाज के लिए इतना कम। यह कैसे होगा? मेरे गुरु ने दुखियारों की सेवा, समाज की सेवा कम...
- जिस पर मनुष्य का भविष्य टिका है, क्या उसके लिए कुछ नहीं कर सकेंगे?...? अपने लिये अधिक, समाज के लिए इतना कम। यह कैसे होगा? मेरे गुरु ने दुखियारों की सेवा, समाज की सेवा कम क...
- जिस प्रकार के बन्धन जानवर बर्दाश्त नहीं कर पाते, वे बन्धन इनसान पर लगा दिये जाएँगे तो वह कैसे बर्दाश्त करेगा?...? जानवर मुँह खोलकर सड़क पर चल सकते हैं, परन्तु यह क्या तुक है कि हमारी पत्नी मुँह नहीं खोल सकती। हमारे ...
- जिस बात की आवश्यकता ही नहीं समझी जाती उसकी व्यवस्था कैसे बनेगी?...? वह भूल है जिसके कारण यह अमूल्य अवसर हाथ से निकलता चला जाता है। गलती का आभास तब होता है तब जीवन सम्...
- जिस बालक की बुद्धि का विकास न हुआ हो, जिसमें सांसारिक और पारिवारिक परिस्थितियों के अध्ययन तथा अपने विवेक से उनका निष्कर्ष निकालने की क्षमता ही न हो वह गृहस्थ जैसे महान सामाजिक उत्तरदायित्व का निर्वाह कैसे कर सकता है?...? मदालसा ने जब जिस तरह का बालक चाहा, तब वैसा ही बालक उत्पन्न किया।...
- जिस भगवान के पास शक्ति के भंडार भरे पड़े हैं, जिसके पास प्यार के भंडार भरे पड़े हैं, जिसकी एक मुस्कान से, जिसकी एक हँसी से, जिसकी कृपा के एक कण से सैकड़ों का उद्धार हो गया, उस भगवान में आपका मन क्यों नहीं लगता?...? अब समझ में आया कि आपका मन क्यों नहीं लगता? इस उपासना के भीतर और आपकी इस मान्यता के भीतर एक चीज क...
- जिस भाव से आपको आज गेहूँ मिलता है, चावल, घी मिलता है, क्या आपने इससे पहले कभी सुना था?...? नहीं, कभी नहीं सुना था। यह महँगाई बढ़ रही है। अभी और बढ़ेगी। मुझे घटने की कोई सूरत नजर नहीं आती। वस्तु...
- जिस माँ का स्वयं अपना विकास न हुआ हो, वह भला विकासशील सन्तान दे भी कैसे सकती है?...? जिसको देशकाल की आवश्यकता और समाज की स्थिति और संसार की गतिविधि का ज्ञान ही न हो, वह उसके अनुसार अपनी...
- जिस माँ का स्वयं अपना विकास न हुआ हो, वह भला विकासशील सन्तान दे भी कैसे सकती है?...? जिसको देश-काल की आवश्यकता और समाज की स्थिति और संसार की गतिविधि का ज्ञान ही न हो, वह उसके अनुरूप अपन...
- जिस मुल्क से हम प्यार करते हैं, जिस संस्कृति से हम प्यार करते हैं, उसकी लकड़ी हमारे जलाने के काम आवे?...? नहीं बेटे! हमारे शरीर को जलाने के लिए लकड़ी काम आवे, उससे अच्छा है कि ठंडक से सिकुड़ने वाले लोगों के...
- जिस राजा परीक्षित की बात आपसे कह रहा था, उस राजा के पीछे जब तक्षक लग गया तो प्रश्न यह उठा कि अब परीक्षित को क्या करना चाहिए?...? उस जमाने के मुताबिक यह तय हुआ कि राजा परीक्षित को भागवत की कथा सुननी चाहिए। इससे उनका उद्धार हो जाएग...
- जिस राजा परीक्षित की बात आपसे कह रहा था, उस राजा के पीछे जब तक्षक लग गया तो प्रश्न यह उठा कि अब परीक्षित को क्या करना चाहिए?...? उस जमाने के मुताबिक़ यह तय हुआ कि राजा परीक्षित को भागवत् की कथा सुननी चाहिए। इससे उनका उद्धार हो जा...
- जिस राहगीर को तैरना नहीं आता वह कैसे पार होगा?...? लेकिन जो नाव में सवार हो जाता है, उस नाव का मल्लाह नाव को भी पार लगा देता है और बैठे हुए मुसाफिरों...
- जिस विश्वामित्र ने राजा हरिश्चंद्र को मुनासिब जगह पर लगा दिया, क्या उन्होंने हरिश्चंद्र पर कोई एहसान नहीं किया?...? हाँ बहुत एहसान किया। हरिश्चंद्र को बहुत नुकसान उठाना पड़ा सो? उसकी बीबी बिक गयी सो? राज्य बिक गया सो...
- जिस संकीर्ण स्वार्थपरता ने जन-जन को कृपण और निष्ठुर बना रखा था उसके पैर इतनी जल्दी, इतनी तेजी से उखड़ सकते हैं इसकी कल्पना भी नहीं थी, पर सूत्रधार को क्या कहा जाए?...? इसके संकेतों से पटाक्षेप होने और नए दृश्य प्रस्तुत होने में देर नहीं लगती। बड़ी हलचलें मूर्द्धन्यों स...
- जिस समय लड़ाई छिड़ती है उस समय क्या होता है?...? फौज की आवश्यकता होती है। एक जमाना था जब सिक्खों के घर से एक सिक्ख होता था, कभी कोई जमाना था। लड़ाई क...
- जिस समाज में हम पैदा हुए, जिस देश में हम पैदा हुए, जिस धर्म में हम पैदा हुए, जिस संस्कृति में हम पैदा हुए हैं, जिस समय में हम पैदा हुए हैं, जिस युग में हम पैदा हुए हैं, उसके प्रति भी हमारी कोई जिम्मेदारी है कि नहीं?...? नहीं साहब! उसके प्रति हमारी कोई जिम्मेदारी नहीं है। बस हमारी मौज करने की जिम्मेदारी है और औलाद की ...
- जिस समाज में हम पैदा हुए हैं, उसकी समस्याओं के समाधान के लिए हम कोई योगदान नहीं देंगे, उसकी उपेक्षा करते रहेंगे?...? हमें किसी से क्या काम, की नीति अपनायेंगे। अपने मतलब से मतलब रखेंगे, तो बेटे मुसीबत आयेगी।नहीं साहब...
- जिस सौभाग्य पर समस्त प्राणि जगत ईर्ष्या कर सकता है उसे भव सागर के नाम से जानी जाने वाली, सड़ी कीचड़ में धँसे-फँसे रहकर उजाड़ देने को क्या कहा जाय?...? दुर्भाग्य इसलिए कहते नहीं बन पड़ता कि जीवन ईश्वर का सर्वोपरि उपहार है। ऐसा उपहार जिसके लिए प्राणि जगत...
- जिस सड़क पर चलते हैं, उस सड़क को कितने पैसे में खरीदी है?...? जिस गंगा जी में नहा करके आये हैं, उसे कितने पैसे में खरीदा है? सूरज, जिसकी धूप और रोशनी में आप बैठ...
- जिसका आपने शुभारम्भ किया है, क्या उससे जनता में और आपमें जमीन-आसमान जैसा कोई फर्क पड़ गया?...? राई की नोंक के बराबर भी फर्क पड़ा। हमने आपको पीले कपड़े पहना दिये, कोई फर्क पड़ गया क्या? नहीं पड़ा।...
- जिसका साम्राज्य सात समुद्रों तक फैला था, उसका शासन कैसे समाप्त हो गया तथा भारत कैसे स्वतन्त्र हो गया?...? यह प्रश्न सोचने-विचारने योग्य है। इसके पीछे भगवान की शक्ति काम करती रही है। चाहे यह काम गाँधी ने किय...
- जिसका हम हुकुम मानें, आखिर वो है क्या?...? आदमी यह तलाश करना चाहता है।
(क्रमश:)
[परमपूज्य गुरुदेव द्वारा शान्तिकुञ्ज परिसर में १५....
- जिसकी (आँखों का) आँखों का तिल साबुत होगा, वही तो देखेगा?...? जिसकी आँखों का तिल साबुत नहीं है, वो कैसे देख पायेगा! जरा आप ही तो बताइये। जिसकी कानों की झिल्ली खरा...
- जिसकी आँखों का तिल साबुत होगा, वही तो देखेगा?...? जिसकी आँखों का तिल साबुत नहीं है, तो कैसे देखेगा! जरा आप ही बताइये। जिसके कानों की झिल्ली खराब हो गई...
- जिसकी कल्पना मात्र से दिल बैठ जाता है, उस असह्य को सहन करने में कितना बोझ पड़ेगा?...? और कहीं उस बोझ से यह टूटा खचड़ा चरमरा कर बैठ तो नहीं जाएगा, ऐसी आशंका होती है।
* प्रिय जनों के विछ...
- जिसकी कोई शक्ल नहीं हो सकती, उसको आप क्या चीज खिलाएँगे?...? अरे साहब! हम तो चन्दन चढ़ाएँगे, अक्षत चढ़ाएँगे..........। क्या चढ़ाएँगे और कहाँ चढ़ाएँगे? चन्दन चढ़ाने...
- जिसकी कोई शक्ल नहीं हो सकती, उसको आप क्या चीज खिलाएँगे?...? अरे साहब! हम तो चन्दन चढ़ाएँगे, अक्षत चढ़ाएँगे .........॥ क्या चढ़ाएँगे और कहाँ चढ़ाएँगे? चन्दन चढ़ान...
- जिसकी पूजा करने के लिए तुम खड़े हो गए हो?...? तुलसीदास जी की जीवात्मा ने उनका वर्णन किया है—‘‘भवानी शंकरौ वन्दे श्रद्धा विश्वास रूपिणौ।’’ श्रद्धा ...
- जिसकी वजह से जान प्राण पैदा होता है, उसको भी जानते हो कि नहीं?...? वस्तुओं की जरूरत है? वस्तुओं की भी जरूरत है। कर्मकाण्ड उपयोगी है? कर्मकाण्ड की भी जरूरत है। प्रतीकों...
- जिसकी संरचना जल, थल, और आकाश के स्तर को अद्भुत बनाए हुए है, उसके क्रिया-कौशल द्वारा क्या कुछ सम्भव नहीं हो सकता?...? युग परिवर्तन जैसे अत्यन्त दुरूह और व्यापक स्तर के निर्धारण में मनुष्य की सीमित शक्ति असमर्थ और असफल ...
- जिसकी स्मृति हर किसी को प्रेरणा दे सके, कि सोचना किस तरह चाहिए और चलना किस दिशा में, किस मार्ग पर चाहिए?...? दीपक छोटा होते हुए भी अपने प्रभाव क्षेत्र में प्रकाश प्रस्तुत करने और यथार्थता से अवगत कराने से, घनघ...
- जिसकी हानि ही न समझी जाय उससे बचने का प्रयत्न भी कोई क्यों करेगा?...? अनेकों दुष्प्रवृत्तियाँ अपना व्यवसाय इसी रूप में चलाती हैं। वे मनुष्य के विचार, स्वभाव और व्यवहार मे...
- जिसके पास जो चीज नहीं होगी, तो वह क्या देगा?...? जो चीज बैंक में मिलती है वह है रुपया और कुछ नहीं मिलता है बैंक में। रुपये के बदले में आपको सब चीज ...
- जिसके अन्दर से श्रद्धा ही गायब हो गई, वह क्या करेगा?...? वह तो मशीन है। एक-दो रोज तक अपनी कला दिखाएगा, फिर उसकी पोल खुल जाएगी कि वह व्यक्ति कुछ नहीं करता। कि...
- जिसके कारण आप दुनिया के सारे आनन्द ले रहे हैं?...? चौरासी लाख योनियों में सर्वश्रेष्ठ राजकुमार की तरह रह रहे हैं। यह है भगवान् की अनुकम्पा, भगवान् की...
- जिसके घर में पैसा है, वह हमारी बच्ची को क्या इज्जत देगा?...? वह हमारी बच्ची की इज्जत नहीं कर सकता। हमने जिस बच्ची को खून-पसीने से पाला है, वह हमारे कलेजे का टुकड...
- जिसके पास आत्मबल नहीं, वह युग-परिवर्तन की भूमिका में कोई कहने लायक योगदान दे भी कहाँ से सकेगा?...? — अखण्ड ज्योति अगस्त १९६६, पृष्ठ-४४४. सज्जन सृजन के निमित्त आगे आएँ—आज समय की आवश्यकता है कि सज्जन ...
- जिसके बारे में हमें कहना पड़ता है और यह जवाब देना पड़ता है कि यज्ञ से क्या फायदा है?...? सीधे कहिए न कि हिन्दू धर्म से क्या फायदा है? हिन्दू धर्म में बहुत दिक्कतें हैं। इसमें विवाह-शादी, कन...
- जिसके भाग्य में जैसा होता है वैसा यदि अमिट ही है तो फिर पुरुषार्थ करने से भी अधिक क्या मिलता और पुरुषार्थ न करने पर भी भाग्य में लिखी सफलता अनायास ही क्यों न मिल जाती?...? हर व्यक्ति अपने-अपने अभीष्ट उद्देश्यों के लिए पुरुषार्थ करने में संलग्न रहता है इससे प्रकट है, कि आत...
- जिसके भाग्य में जैसा होता है, वैसा यदि अमिट ही है, तो फिर पुरुषार्थ करने से भी अधिक क्या मिलता और पुरुषार्थ न करने पर भी भाग्य में लिखी सफलता अनायास ही क्यों न मिल जाती?...? हर व्यक्ति अपने-अपने अभीष्ट उद्देश्यों के लिए पुरुषार्थ करने में संलग्न रहता है, इससे प्रकट है कि आत...
- जिसके मन में क्यों और कैसे का सवाल पैदा नहीं होता?...? हमको उससे है डर। हमको उससे डर नहीं हे जो महात्माओं की निन्दा करता है, जो महात्माओं से जवाब-तलब करता ...
- जिसके साथ धर्म-प्रचार जुड़ा हुआ न हो, उसके द्वारा किसे, किस प्रकार धर्म लाभ मिलेगा?...? जहाँ क्रमबद्ध साधनाएँ, शिक्षण, सत्संग की व्यवस्था न हो, उन देवालय क्षेत्रों में क्या किसी को कुछ लाभ...
- जिसके हाथ-पाँव न हों, भला वह क्या कर सकता है?...? वह चल-फिर नहीं सकता है, दौड़ नहीं सकता है। अतः उससे डर नहीं है, लेकिन जिन्दा आदमी का भूत इनसान को प...
- जिसको आपने जाने क्या मान लिया है, जाने क्यों मान लिया है?...? ऋतम्भरा प्रज्ञा गायत्री मंत्र की शक्ल और सूरत हमको बताइए कि गायत्री माता किसे कहते हैं? गायत्री माता...
- जिसको तलाश करने के लिए आप जा रहे हैं?...? उसने कहना नहीं माना। उसने कहा कि मैं तो तीर्थयात्रा के लिए जाऊँगा और वहाँ से शान्ति लेकर के आऊँग...
- जिसको देश-काल की आवश्यकता और समाज की स्थिति और संसार की गतिविधि का ज्ञान ही न हो, वह उसके अनुरूप अपनी सन्तान को किस प्रकार बना सकती है?...? अपने इस दायित्व को ठीक प्रकार से निभा सकने के लिए आवश्यक है कि नारी को सारे शैक्षणिक एवं सामाजिक अधि...
- जिसको देशकाल की आवश्यकता और समाज की स्थिति और संसार की गतिविधि का ज्ञान ही न हो, वह उसके अनुसार अपनी सन्तान को किस प्रकार बना सकती है?...? अपने इस दायित्व को ठीक प्रकार से निभा सकने के लिए आवश्यक है कि नारी को सारे शैक्षणिक एवं सामाजिक अधि...
- जिसको यह मालूम है कि समस्याएँ किस तरीके से पैदा होती हैं और उनके समाधान क्या हैं?...? सामान्यतया लोगों को यह मालूम नहीं होता है। प्रायः लोगों का यह ख्याल है कि परिस्थितियों की वजह से सम...
- जिसको हम योग कहते हैं, उपासना कहते हैं, जिसको हम तप कहते हैं, इसका मतलब एक है और वह यह है कि हम अपने आपमें, अपने गिरेबान में मुँह डालें और अपने आपको तलाश करें कि हमारी भूलें कहाँ होती हैं?...? हमारी गलतियाँ कहाँ होती हैं? दोष हमारे कहाँ हैं? दुर्गुण हमारे कहाँ हैं? कषाय हमारे कहाँ हैं और कल...
- जिसको हम सन्तोष कहते हैं, कहाँ है?...? सुख वह होता है जो हमारे शरीर को मिलता है। शरीर सुख उठाता है। जब जीभ से मीठी चीजें खाते हैं, तो हमक...
- जिसने अपना सारा जीवन खपा दिया है, क्या हम भी उस रास्ते पर चल सकते हैं?...? क्या उनके पदचिह्नों पर भी चल सकते हैं? क्या कदम-से-कदम मिलाकर उनके साथ हम भी चल सकते हैं? क्या उनकी ...
- जिसने अपने जीवन का लेखा-जोखा तैयार किया कि समाज से हमने क्या पाया?...? भगवान से हमने क्या पाया? और भगवान को हमने क्या दिया? और समाज को हमने क्या दिया? आज के लेखे-जोखे में ...
- जिसने अपने स्वार्थ साधन और ऐशो-आराम के लिए सम्पदा कमाई, उसकी प्रशंसा क्यों की जाये?...? जिसने अनीति के मार्ग में सफलता पाई-जिसने लोकमानस को प्रेरणा न दी ऐसे पदवीधारी, विद्वान, कलाकार, नेता...
- जिसने आत्म स्वरूप का अनुभव कर लिया, सद्गुण उसके दास हो जाते हैं और दुर्गुणों का पता भी नहीं लगता कि वे कहाँ चले गये?...? आत्म-दर्शन का यह अनुष्ठान साधकों को ऊँचा उठायेगा। इस अभ्यास के सहारे वे उस स्थान से ऊँचे उठ जायेंगे ...
- जिसने ईमानदारी और भलमनसाहत पर रह करके रूखी-सूखी रोटियाँ खा करके जीवनयापन किया, क्या हम उनके चरणों में मस्तक झुकाते हैं?...? नहीं, हम भूल गये।
अध्यात्म का मूल जीवन में भी उतारें
मित्रो! आध्यात्मिकता का मूल हमारे हाथ से ...
- जिसने कल्पना तक नहीं किया कि दुनिया में स्त्री भी होती है क्या?...? ऐसा नाम था ऋषि का। शृंगी ऋषि ऐसे थे, जिनकी वाणी से निकला हुआ मंत्र चमत्कारी होता रहा। एक बार तब चम...
- जिसने कुछ कह दिया, वही आपके समझ में आ गया, फिर आपकी अकल कहाँ गई?...? आप किस मतलब की दवा हैं? आपकी अकल में क्या जंग लग गई? नहीं बेटे, जंग नहीं लग गई। आप नई शक्ति लेकर के ...
- जिसने बिना मूल्य के, बिना पारिश्रमिक लिए, बिना परिश्रम कराये अपना क्रम जारी रखा, उसका एहसान न मानें, उसकी पूजा न करें, तो किसकी पूजा करें?...? मित्रो! भले ही वह पत्थर हो, लेकिन उन इनसानों से यह पत्थर अच्छा है। उन देवताओं से यह पत्थर अच्छा है...
- जिसने समाज के लिए त्याग और बलिदान किया, उसको हम समझते हैं क्या?...? जिसने ईमानदारी और भलमनसाहत पर रह करके रूखी-सूखी रोटियाँ खा करके जीवनयापन किया, क्या हम उनके चरणों मे...
- जिसमें उन सब स्थानों का, हिमालय के स्थानों को बताने की कोशिश की है कि ये कहाँ हैं?...? हिमालय में पाँच प्रयाग हैं, पाँच काशियाँ हैं, पाँच सरोवर हैं। हिमालय में चार धाम हैं। चार धाम कौन-कौ...
- जिसमें खेलना-कूदना भी शामिल है, व्यायाम करना भी, हँसी-मजाक भी तथा भयमुक्त होकर जीना भी और क्या करेंगे आप इस विद्यालय में?...? हम यहाँ परिवार-निर्माण की शिक्षा आरम्भ करने वाले हैं ताकि कुटुम्ब व्यवस्था ठीक हो सके। व्यक्ति को अच...
- जिसमें त्याग जुड़ा हुआ न हो, सेवा जुड़ी हुई न हो, लोकहित जुड़ा हुआ न हो, कष्ट सहने की बात जुड़ी हुई न हो, उसमें अध्यात्म कैसे हो सकता है?...? नहीं बेटे! इससे कम में अध्यात्म न था और न कभी होगा।पाण्डवों का उदाहरणमित्रो! भगवान् श्रीकृष्ण ने उस ...
- जिसमें त्याग जुड़ा हुआ न हो, सेवा जुड़ी हुई न हो, लोकहित जुड़ा हुआ न हो, कष्ट सहने की बात जुड़ी हुई न हो, उसमें अध्यात्म कैसे हो सकता है?...? नहीं बेटे! इससे कम में कभी अध्यात्म न था और न कभी होगा।मित्रो! भगवान श्रीकृष्ण ने उस जमाने में, दुर्...
- जिसमें यह पाया जाता है कि अध्यात्म क्या है?...? बेटे, यह अध्यात्म का खिलवाड़ है छिलका है जूठन का पत्ता है। पत्ते पर मिठाई खाकर के लोग उसे फेंक देते ह...
- जिसमें रुचि न हो, उसके लिए समय कौन लगाए?...? माथा-पच्ची कौन करे? यही कारण है कि अखण्ड ज्योति वाले विषय की अन्य पत्रिकाएँ कुछ दिन निकलने के बाद ही...
- जिसमें हत्या होती हो, उस यज्ञ को क्यों करना चाहिए?...? पण्डितों और दूसरे लोगों ने कहा कि यज्ञ करना- कराना तो वेदों में लिखा हुआ है। बुद्ध ने कहा कि तो फिर...
- जिससे अपना बोझ ही सही प्रकार उठ नहीं पाता, वह दूसरों के लिए किस प्रकार कितना उपयोगी हो सकता है?...? मनुष्य जन्म अगणित विशेषताओं और विभूतियों से भरा पूरा है। किसी को भी यह छूट है कि उतना ऊँचा उठे जितना...
- जिससे परिस्थिति के अनुसार जब आपका मन लगे कि हमें तप कैसे करना चाहिए और किसके लिए करना चाहिए?...? यह आप समझ सकें। तप के चार हिस्से हैं—एक हिस्सा वह है, जो हमारी इंद्रियों से सम्बन्ध रखता है। इंद्रियाँ...
- जिससे सन्तोष व पुण्य दोनों प्राप्त हों?...? (२ )) प्रसन्न रहने के दो आधार है? (३) क्या साधन सम्पन्न और अमीर ही केवल प्रसन्न रहते हैं? यदि नहीं त...
- जिससे हजारों का भला होता हो, एक आदमी को आप दुख को दूर कर दें वो भी है तो अच्छी बात, खराब बात तो वो भी नहीं है, उससे हजार गुनी, लाख गुनी बात ये है कि लोगों के विचारों को, लोगों की भावना को (दिशा) आप ठीक कर दें, जिन -जिन लोगों ने ऐसा किया है असल में वो पुण्य आत्मा कहलाई गई, कौन?...? नारद जी का मैंने जिकर किया था न, नारदजी ने उन लोगों को दिशायें दी और दिशायें देने के बाद में न जाने ...
- जिसे अपने ऊपर भरोसा नहीं ,, उसकी ओर कौन भरोसा करेगा?...? जो अपनी सहायता आप करता है ईश्वर भी उसी की सहायता करता है, इस तथ्य को हमें गिरह बाँध कर रखना चाहिए।...
- जिसे कठोर परिश्रम से प्यार है वह दरिद्र क्यों रहेगा?...? जो हर काम को मनोयोगपूर्वक सोच-समझ कर और प्रतिष्ठा का प्रश्न बनाकर अच्छे से अच्छे ढंग से करता है उसे ...
- जिसे गुरु कहते आए हो, उसके काम आओगे?...? नहीं साहब। हमने तो सब भार सौंप दिया है गुरुदेव आपके चरणों में। अरे बेटे, जिस दिन सब भार सौंप देगा न,...
- जिसे यह सौभाग्य नहीं मिल सका, वह बेचारा क्यों कर अपने जीवन-लक्ष्य को समझ सकेगा और क्यों कर उसके लिए कुछ प्रयत्न-पुरुषार्थ कर सकेगा?...? इस संसार में अनेक परमार्थ और उपकार के कार्य हैं, वे सब आवरण मात्र हैं, उनकी आत्मा में, सद्भावनाएँ सन...
- जिह्वा का स्नान कही पानी पीकर हो सकता है?...? नहीं, असल में हमारा इशारा जिह्वा के प्राण की ओर है, जिसका शोधन करने के लिए अपने आहार और विहार दोनों ...
- जिह्वा का स्नान कही पानी पीकर हो सकता है?...? नहीं, असल में हमारा इशारा जिह्वा के प्राण की ओर है, जिसका शोधन करने के लिए अपने आहार और विहार दोनों ...
- जिह्वा का स्नान कहीं पानी पीकर हो सकता है?...? नहीं, असल में हमारा इशारा जिह्वा के प्राण की ओर है, जिसका शोधन करने के लिए अपने आहार और विहार दोनों ...
- जी हाँ, यही कहना है?...? हमारी शिकायत, भगवान का जवाब
मित्रो! नारद जी भी यही कहते थे। नारद जी की जब मनोकामना पूरी नहीं...
- जीजी ने मुझसे पूछा, ‘‘मैं इतना क्यों रो रही हूँ?...? ’’ मैं और भी फूट-फूट कर रोने लगी और बताया कि मैं कितनी अभागी हूँ, जो गुरुजी-माताजी से मिल नहीं पाई। ...
- जीत कैसे सकेंगे?...? तब भगवान ने उससे कहा था कि देखो अर्जुन, इन सबको तो मैंने पहले से ही मारकर रखा है। और तुम्हारे लिए सि...
- जीतता कौन है?...? जीतता वह आदमी है जो ठोकर मार कर गेंद को भगा देता है। हमारी संस्कृति की शान मित्रो! जीता कौन, राम ज...
- जीतते भी रहते हैं, टीम बना कर खेलते हैं, हार गया, ऐ हार गया तो क्या?...? और पत्ता खेलते रहते हैं न, ताश खेलते रहते हैं, शाह कट गया, आ, बेगम कट गई, ओहो गुलाम भी कट गया, सब कट...
- जीतना किससे है और हरना किससे है?...? न किसी से हारना है, न किसी से जीतना है। न किसी को मारना है और न कोई पुरुषार्थ करना है। आपको तो जो वि...
- जीतने की बात है, तो क्या कोई वस्तु मिलेगी?...? अरे बेटे ! वस्तु तो नहीं मिलेगी; लेकिन इतिहास के पन्नों पर अमर जरूर हो जाएँगे। वस्तु कोई चीज नहीं हो...
- जीता कौन, राम जीते या भरत, बताइये?...? दोनों जीत गये। राम ने कहा- मेरे पिता की आज्ञा और माता की सहमति और भाई की प्रसन्नता के लिए गद्दी मे...
- जीतेगा पाण्डव, लेकिन पाण्डव में हिम्मत तो होनी चाहिए, भक्त को हिम्मत करनी चाहिए, कौरव कौन है हमारे अन्दर?...? कौरव यानी आलस, प्रमाद बैठा हुआ है, जो आगे नहीं बढ़ने देता। हमारी श्रद्धा आज जाने कहाँ विलीन हो गई है...
- जीने का यह भी कोई ढंग है?...? यह कोई ढंग नहीं है। आध्यात्मिकता का तकादा यही है कि प्रत्येक परिस्थिति के बारे में, गुण के हिसाब से,...
- जीभ और माइक दोनों के सम्पर्क से कितनी दूर तक आवाज फैलती है?...? हमारा गुरु जीभ है और हम माइक हैं, उनके विचारों को फैलाते हैं। हम चाहते हैं कि आप भी ‘लायक’ हो जाइए। ...
- जीभ का क्या है?...? बेटे, जीभ का जो ध्यान है, वह जप है। जप किससे होता है? शब्द से। और शब्द कहाँ से निकलता है? हमारी वाणी...
- जीभ का क्या है?...? बेटे, जीभ का जो ध्यान है, वह जप है। जप किससे होता है? शब्द से। और शब्द कहाँ से निकलता है? हमारी वाणी...
- जीभ का नाम क्या है?...? उसका नाम है—पार्वती। शंकर को प्राप्त करने के लिए पार्वती ने अपनी गुफा में बैठकर तप किया था। आप रामाय...
- जीभ का संशोधन पानी से होता है?...? नहीं बेटे, पानी से नहीं होता। पानी से इशारा करते हैं जिह्वा के संशोधन का, इंद्रियों के संशोधन का। जि...
- जीभ का संशोधन पानी से होता है?...? नहीं बेटे, पानी से नहीं होता। पानी से इशारा करते हैं जिह्वा के संशोधन का, इंद्रियों के संशोधन का। जि...
- जीभ किसकी है?...? चमड़े की है। अच्छा, इसमें माँस तो नहीं है? हाँ पण्डित जी! माँस तो है ही। थूक तो नहीं है? हाँ है। तो इ...
- जीभ किसकी है?...? चमड़े की है। अच्छा, इसमें माँस तो नहीं है? हाँ पण्डित जी! माँस तो है ही। थूक तो नहीं है? हाँ है। तो इस...
- जीभ की अगर सफाई नहीं की गई है तो आप भगवान जी को उसी जीभ से मंत्र बोलकर कैसे खिलाएँगे?...? हाँ साहब! ये लीजिए, गुरुजी! भोजन कर लीजिए। क्या लाया है? गुरुजी! देखिए, आपके लिए क्या लाया हूँ—रोटी ...
- जीभ की आपने करामात देखी है न?...? जीभ को विपरीत कीजिए। स्वाद के सम्बन्ध में साधिये, देखिए आपकी दूसरे दिन से सेहत अच्छी होती है कि नहीं...
- जीभ की नोंक से आप क्या बक बक मचाते रहते हैं?...? उससे भगवान प्रसन्न नहीं होता है, तो क्या केवल हाथों की उलटा पुलटी और जीभ की नोंक की हेरा-फेरी से भगव...
- जीभ की नोंक हिलाइए फिर देखिए, क्या करामात आती है?...? हाँ बेटे, जीभ की नोंक हिलाकर वहाँ चला जाना बैंक में और जीभ हिला देना-दीजिए दो हजार रुपए। देखें कहाँ ...
- जीभ के निग्रह का क्या अर्थ है?...? जीभ दो कामों में काम आती है—एक बोलने के काम आती है और एक खाने के काम आती है। खाने के सम्बन्ध में आपको ...
- जीभ ने क्या कर दिया?...? जीभ ने आपकी सेहत खराब कर दी। सेहत को खराब करने की जिम्मेदारी एक आदमी की है। जिसने आपकी अच्छी-खासी तं...
- जीभ ने क्या कर दिया?...? जीभ ने आपकी सेहत खराब कर दी। सेहत को खराब करने को जिम्मेदारी एक आदमी की है। जिसने आपकी अच्छी-खासी तं...
- जीभ पर क्या करना चाहिए?...? जो आप कर रहे हैं, वह सरल और सुगम है, स्थूल है। आप नमक छोड़ देंगे, तो मरेंगे नहीं, आप विश्वास रखिए। गु...
- जीभ पर जो दिमाग हुकूमत करता है, उसे चलायमान करता है, उस पर हुकूमत कर सकते हो?...? हमने कहा—हाँ, हम जीभ और दिमाग दोनों पर हुकूमत कर सकते हैं।हमने दिमाग पर नियन्त्रण किया। जिन लोगों को...
- जीभ पर हुकूमत कर सकते हो?...? हमने कहा—हाँ! जीभ पर जो दिमाग हुकूमत करता है, उसे चलायमान करता है, उस पर हुकूमत कर सकते हो? हमने कहा...
- जीभ में कोई कमाल है?...? कोई भी कमाल नहीं है। फिर किसका कमाल है? मित्रो, कमाल वहीं से निकलता है, जिसमें कि वाणी को परिष्कृत क...
- जीभ में कोई कमाल है?...? कोई भी कमाल नहीं है। फिर किसका कमाल है? मित्रो, कमाल वहीं से निकलता है, जिसमें कि वाणी को परिष्कृत क...
- जीभ में कोई बीमारी हो जाये तो बोलने और चखने में बहुत साधन उपलब्ध होने पर भी उससे क्या कुछ लाभ मिलेगा?...? कान बहरे हो जायें तो मधुर भाषण, संगीत आदि की परिस्थितियाँ संसार में भरीपूरी रहने पर भी वे अपने लिए स...
- जीभ में क्या आफत है?...? जीभ तो मुँह में जरा सी है, हिला दीजिए ना। नहीं साहब! हमारी जीभ नहीं चलती। हाथ भी चल रहा है, पैर भी च...
- जीभ से जो कुछ भी बोला जाएगा, जीभ से जो कुछ भी उच्चारण किया जाएगा, वो सब पाठ में आ जाएगा और पूजा में क्या आएगा?...? पूजा में शारीरिक क्रियाएँ एक और वस्तुएँ दो आती हैं। इन दोनों को हम पूजा में शुमार करेंगे। जैसे आप आर...
- जीभ से होने वाली बक-झक से कहाँ काम चलने वाला है?...? अनुदान के लिए मनुष्य के पास दो ही सम्पदायें हैं एक समय-श्रम, दूसरा साधन वैभव। यह दोनों ही आमतौर से प...
- जीभ स्वाद के नाम पर अभक्ष्य भक्षण तो नहीं करने लगी?...? वाणी से असंस्कृत वार्तालाप तो नहीं होता? कामुकता की प्रवृत्ति कहीं कुदृष्टि से तो नहीं उभर रही? असंय...
- जीव जगत में जब धर्म, कर्तव्य दायित्व जैसी कोई मान्यता नहीं, तो फिर मनुष्य ही उन जंजालों में अपने को क्यों बाँधे?...? जब बड़ी मछली छोटी मछली को खाती है, जब बड़ी चिड़िया को छोटी चिड़ियों पर आक्रमण करने में कोई हिचक नहीं...
- जीव-जंतु पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे?...? भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरमी सो नहीं सकती। जो इस तरह की विश्वव्यापी चेतनाएँ हैं, उनको ...
- जीव-जंतु पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे?...? भगवान् सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरमी सो नहीं सकती। जो इस तरह की विश्वव्यापी चेतनाएँ हैं, उन...
- जीव-जंतु, पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे?...? भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरमी सो नहीं सकती। जो इस तरह की विश्वव्यापी चेतनाएँ हैं, उनको ...
- जीवन्त कैसे करते हैं?...? यही तो आज मैं आपको बता रहा हूँ। आपको हमने उपासना के नाम पर, जो कर्मकाण्ड बताए हैं और जो आपने सीख...
- जीवन्त गायत्री माता की शक्ल मैंने आपको बतायी और यह बताया कि गायत्री का वास्तविक स्वरूप क्या है?...? मैं समझता हूँ कि यह स्वरूप आपकी समझ में आ गया होगा। अगर आप गायत्री का वास्तविक लाभ उठाना चाहते हैं...
- जीवट न होती तो उनको हमने क्यों बाँध करके रखा है?...? हमने उनको क्यों बुला करके रखा है? सम्बन्ध बनाकर क्यों रखा है?मित्रो! जिस तरीके से माली अच्छे से अच...
- जीवन उद्देश्य क्या होता है?...? भगवान के इशारे क्या होते हैं? हमें पता नहीं, हम तो भगवान को अपने इशारे पर चलाना चाहते हैं। क्या भग...
- जीवन का क्रम इतना गन्दा, इतना फूहड़ आपने बना रखा है कि इसमें बीज उगेगा कहाँ से?...? मैं आपसे बार-बार कहता हूँ कि आपको किसी और झगड़े में पड़ने की जरूरत नहीं है। नहीं गुरुजी ! कर्मकाण्ड ...
- जीवन का लक्ष्य क्या हो सकता है?...? जीवन में शान्ति कहाँ से आ सकती है? जीवन की दबी हुई सामर्थ्यों को हम कैसे विकसित कर सकते हैं?...
- जीवन का लक्ष्य क्या हो सकता है?...? जीवन में शान्ति कहाँ से आ सकती है? जीवन की दबी हुई सामर्थ्यों को हम कैसे विकसित कर सकते हैं?...
- जीवन का वो अंश क्यों मुझे आपसे कहने की जरूरत पड़ गई?...? इसकी आवश्यकता थी, यह समझाने के लिए कि ईमानदारी क्या चीज होती है? इसको अपनाने से व्यक्ति को क्या मिलत...
- जीवन का संशोधन और आत्मसंशोधन कुछ नहीं है क्या?...? अपने आप का सुधार कुछ नहीं है क्या? स्वाध्याय की, संयम की क्या जरूरत हो सकती है? अरे साहब! बड़ी मुश्क...
- जीवन का सदुपयोग कैसे करें?...?
मित्रो! आज हर आदमी जो काम करता है कल का विचार करके ही तो करता है। आज आप जो काम कर रहे हैं क...
- जीवन का स्वरूप एवं लक्ष्य क्या है?...? जीवन के साथ जुड़ी हुई विभूतियों का सही उपयोग क्या है? इन प्रश्नों को उपेक्षा के गर्त में डाल देने से ...
- जीवन का स्वरूप एवं लक्ष्य क्या है?...? जीवन के साथ जुड़े संसार एवं प्राप्त विभूतियों का सही उपयोग क्या है? इन प्रश्नों को उपेक्षा के गर्त मे...
- जीवन कितना महत्त्वपूर्ण है?...? यह आपका सबसे बड़ा सौभाग्य है। इस समय जो सौभाग्य आपको मिला हुआ है इस पर कभी आप गौर करें तो आप इस बात प...
- जीवन की अस्त-व्यस्तता का उदारीकरण कैसे किया जा सकता है?...? जीवन ठीक तरीके से कैसे जिया जा सकता है? अगर ठीक तरीके से आप यह जान पाएँ तो बेटे आप धन्य हो सकते हैं,...
- जीवन की अस्तव्यस्तता का उदारीकरण कैसे किया जा सकता है?...? जीवन ठीक तरीके से कैसे जिया जा सकता है? अगर ठीक तरीके से आप इसे जान पाएँ तो बेटे आप धन्य हो सकते हैं...
- जीवन की दबी हुई सामर्थ्यों को हम कैसे विकसित कर सकते हैं?...? ये हमारी मूर्च्छित सामर्थ्य है शोचनीय सामर्थ्य है, गई --गुजरी सामर्थ्य है, लेकिन इससे अत्यधिक महत्त्...
- जीवन की दबी हुई सामर्थ्यों को हम कैसे विकसित कर सकते हैं?...? ये हमारी मूर्च्छित सामर्थ्य है, शोचनीय सामर्थ्य है, गयी-गुजरी सामर्थ्य है, लेकिन इससे अत्यधिक महत्त्...
- जीवन के अन्तिम चरण से क्या मतलब है?...? इससे हमारा मतलब यह है कि भगवान ने ये जो जीवन दिया है, वह कोहिनूर हीरा है। यह दुनिया का सबसे ...
- जीवन के महत्त्व और मूल्य को समझ पाएँ उसका ठीक तरीके से उपयोग करने में समर्थ हो पाएँ तो हमारे जीवन में मजा आ जाए तो फिर क्या हो सकता है?...? फिर, हम मनुष्य से आगे बढ़कर देव बन सकते हैं। देव? हों बेटे! देव। देवता तो वहाँ स्वर्ग में रहते हैं। न...
- जीवन के महत्त्व और मूल्य को समझ पाएँ, उसका ठीक तरीके से उपयोग करने में समर्थ हो पाएँ तो हमारे जीवन में मजा आ जाए, तो फिर क्या हो सकता है?...? फिर, हम मनुष्य से आगे बढ़कर देव बन सकते हैं। देव? हाँ बेटे! देव। देवता तो वहाँ स्वर्ग में रहते हैं। ...
- जीवन के मोल का यही अन्त?...? चार छोकरी- चार छोकरे और एक पण्डित- ९। नौ ग्रह, नौ की दुहाई, नौ तरह की बीमारियाँ। मर जायेगा। अरे अभा...
- जीवन के साथ जुड़ी हुई विभूतियों का सही उपयोग क्या है?...? इन प्रश्नों को उपेक्षा के गर्त में डाल देने से एक प्रकार की आत्म-विस्मृति छाई रहती है। अन्तःकरण मूर्...
- जीवन के साथ जुड़े संसार एवं प्राप्त विभूतियों का सही उपयोग क्या है?...? इन प्रश्नों को उपेक्षा के गर्त में डाल देने से एक प्रकार की आत्म-विस्मृति छाई रहती है। अन्तःकरण के म...
- जीवन कैसे उद्यमशील बनाया जा सकता है?...? इसे कैसे देवोपम बनाया जा सकता है? जीवन की अस्तव्यस्तता का उदारीकरण कैसे किया जा सकता है? जीवन ठीक तर...
- जीवन कैसे उद्यमशील बनाया जा सकता है?...? जीवन कैसे देवोपम बनाया जा सकता है? जीवन की अस्त-व्यस्तता का उदारीकरण कैसे किया जा सकता है? जीवन ठीक ...
- जीवन कैसे देवोपम बनाया जा सकता है?...? जीवन की अस्त-व्यस्तता का उदारीकरण कैसे किया जा सकता है? जीवन ठीक तरीके से कैसे जिया जा सकता है? अगर ...
- जीवन को पवित्र बनाने की कितनी सम्वेदना है?...? कितना देवत्व है? यही खोलकर आपको दिखाना चाहता था। अगर आपको ये चीजें पसन्द हों तो मैं चाहता हूँ कि आप ...
- जीवन क्या है, क्यों है उसका लक्ष्य एवं उपयोग क्या है?...? इन प्रश्नों का समाधान मात्र आस्तिकता के साथ जुड़ी हुई दिव्य दूरदर्शिता के आधार पर ही मिलता है।...
- जीवन जीने की कला, बच्चों का पालन-पोषण, घर की व्यवस्था, धन का सन्तुलन, उसे खरच करने का ढंग, रोजमर्रा के जीवन में काम आने वाला सामान्य ज्ञान, भोजन पकाने का सुधरा हुआ ढंग, स्वास्थ्य रक्षा, शिष्टाचार, रोगियों की देखभाल, सफल दाम्पत्य के सूत्र, संयुक्त परिवार के लिए आवश्यक जानकारी, परिवार के सदस्यों में भावनात्मक एकता बनाए रखने का ढंग, अपने गुण, कर्म, स्वभाव का परिष्कार, जीवन का लक्ष्य तथा उसे पाने का क्रम हँसते-हँसाते जीवन जीने का दृष्टिकोण, प्रतिभाशाली व्यक्तित्व बनाना, परिवार संस्था का नवनिर्माण, नारी की प्रगति कैसे हो?...? इसकी दिशा, सम्भावना और योजना, अध्यात्म का व्यावहारिक रूप जैसे अनेकों विषय इस ज्ञान सम्वर्द्धन पाठ्यक...
- जीवन ठीक तरीके से कैसे जिया जा सकता है?...? अगर ठीक तरीके से आप इसे जान पाएँ तो बेटे आप धन्य हो सकते हैं, सब कुछ बन सकते हैं। आप बाहर का ख्याल न...
- जीवन ठीक तरीके से कैसे जिया जा सकता है?...? अगर ठीक तरीके से आप यह जान पाएँ तो बेटे आप धन्य हो सकते हैं, सब कुछ हो सकते हैं। आप बाहर का ख्याल नि...
- जीवन मुक्त और भगवान की प्राप्ति एक ही अर्थों में ली गई है, तो फिर जीवन मुक्त क्या है?...? जीवन मुक्त उसे कहते हैं जो कि बन्धनों से टूट गया है, छूट गया है। जो पिंजरे में से निकल गया, जो जेल ख...
- जीवन में शान्ति कहाँ से आ सकती है?...? जीवन की दबी हुई सामर्थ्यों को हम कैसे विकसित कर सकते हैं? ये हमारी मूर्च्छित सामर्थ्य है शोचनीय सामर...
- जीवन में शान्ति कहाँ से आ सकती है?...? जीवन की दबी हुई सामर्थ्यों को हम कैसे विकसित कर सकते हैं? ये हमारी मूर्च्छित सामर्थ्य है, शोचनीय साम...
- जीवन में हमारे किस तरह से उसके आदर्श और सिद्धान्तों का समन्वय होना चाहिए?...? यह भी आप समझिए।...
- जीवन में हमारे किस तरह से उसके आदर्श और सिद्धान्तों का समन्वय होना चाहिए?...? यह भी आप समझिए। नहीं ये तो बेकार है, इसे समझने से कोई लाभ नहीं है। हम तो चौबीस हजार जप करेंगे और सबे...
- जीवन में, गतिविधियों में कैसा हेर-फेर होता है और आपकी प्रसन्नता किस तरीके से जमीन से आसमान तक छूने लगती है?...? ऐसी शक्ति पैदा कीजिए। बस, यही कहना था, आज आपसे।...
- जीवन साधना कैसी रही?...? मित्रो! सारी जिन्दगी साधना करनी पड़ती है। साधना आधे घण्टे में नहीं होती। आधे घण्टे में तो केवल नशा किया...
- जीवन है आप में?...? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा बन्द हो गई है। क...
- जीवन है आप में?...? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा बन्द हो गई है। कोई...
- जीवन- यापन करने के सम्बन्ध में फिर मनुष्य के सामने इतनी समस्याएँ क्यों?...? मनुष्य तो बुद्धिमान प्राणी है, सुशील प्राणी है, उन्नत प्राणी है उनके सामने तो सुख- सुविधाओं के अंबार...
- जीवन-मुक्ति का आनन्द कैसे लिया जाय?...? साधना याचना नहीं होती और न उस कारण कहीं आसमान से वरदान उपहार बरसते हैं। आत्मशोधन और आत्म-परिष्कार के...
- जीवन-संग्राम में लड़िए और अर्जुन के तरीके से आप संकल्प लेकर जिस दिन तैयार हो जाएँगे, आपकी संकल्प शक्ति जिस दिन जागेगी; उस दिन अनुदानों से आपकी झोली भरी हुई मिलेगी, आप समझते क्यों नहीं?...? ( क्रमशः अगले अंक में समापन )
परमवन्दनीया माताजी की अमृतवाणी
अनुदान और वरदान
(उत्तरार्द्ध)
वि...
- जीवनमुक्त किसे कहते हैं?...? जीवन मुक्त उसे कहते हैं जिसका जीवन बन्धनों से छूट गया, जो पिंजरे में से निकल गया, जो जेलखाने से छूट...
- जीवात्मा कहीं मरता है क्या?...? शरीर तो कपड़ों के तरीके से है रोज बदलते रहते हैं। भय से आदमी की निवृत्ति, मृत्यु के भय से निवृत्ति, ...
- जीवात्मा कहीं मरता है क्या?...? शरीर तो कपड़ों की तरह है। रोज बदलते रहते हैं कपड़ों को, इससे कई लाभ हैं—भय से आदमी की निवृत्ति होती है...
- जीवात्मा की तो हमने इतनी उपेक्षा की है कि यह बिचारी कराहती रहती है और यह पूछती रहती है कि दोस्त हमारा क्या होना है?...? बेटे हमारा क्या होना है? यह पूछते-पूछते वह बूढ़ी हो गई। बुढि़या पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ ह...
- जीवात्मा की तो हमने इतनी उपेक्षा की है कि यह बिचारी कराहती रहती है और यह पूछती रहती है कि दोस्त हमारा क्या होना है?...? बेटे हमारा क्या होना है? यह पूछते-पूछते वह बूढ़ी हो गई। बुढ़िया पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ ह...
- जीवात्मा की तो हमने इतनी उपेक्षा की है कि यह विचारी कराहती रहती है और यह पूछती रहती है कि दोस्त हमारा क्या होना है?...? बेटे! हमारा क्या होना है? वह पूछते-पूछते वह बूढ़ी हो गई। बुढ़िया पूछती रहती है कि बेटा! हमारा भी कुछ ह...
- जीवात्मा की साइंस होती है?...? एक फिजिक्स साइंस होती है। एक साइंस वह है जो पदार्थ से, मैटर से ताल्लुक रखती है, जिसे केमिस्ट्री कहते...
- जीवात्मा क्या है?...? उसकी महत्ता क्या है? इसको हम जानें, उसमें सन्निहित शक्तियों को पहचानें और विकसित करने का प्रयास कर...
- जीवात्मा बूढ़ी होती है क्या?...? जीवात्मा बूढ़ी नहीं होती। व्यक्ति के झुर्री पड़ जाएगी, दाँत उखड़ जाएँगे, बाल सफेद हो जाएँगे, पर जिस ...
- जीवात्मा से और भगवान की किससे उपमा देंगे?...? तुकोजीराव से। ऐसी जीवात्मा जिसमें संकल्प हो, साहस हो, जिसमें त्याग हो, शौर्य हो, जिसमें बलिदानी भाव ...
- जीवात्मा से और भगवान की किससे उपमा देंगे?...? तुकोजीराव से। ऐसी जीवात्मा जिसमें संकल्प हो, साहस हो, जिसमें त्याग हो, शौर्य हो, जिसमें बलिदानी भाव ...
- जीविका उपार्जन कैसे करनी चाहिए?...? अर्थशास्त्र क्या है? वगैरह। लोक व्यवहार में प्रवीण बनने के सम्बन्ध में एक। जीविकोपार्जन के सम्बन्ध म...
- जीवितों में से भला कोई ऐसी हरकत करता है?...? उन्हें तो आवश्यक प्रयासों में ही निरत देखा जाता है। इन दिनों सम्वेदनाहीनों को प्रेतों जैसी और सम्वेद...
- जुओं के लिए कोई मकान है?...? कोई घर-गृहस्थी है? कोई खेती बाड़ी है? कोई भी नहीं है। वे इसी में गुजारा कर लेते हैं। इसी तरह जुएँ के...
- जुताई न हो, तो क्या हर्ज है?...? पानी की जरूरत पड़ती है। नहीं साहब। पानी-वानी सब बेकार है। पहले तो आप यह बताइये कि किसान जो फूल लगात...
- जुलाई में पैदा हुईं और जनवरी में एम० ए० हो गईं?...? नहीं साहब! माता जी की नहीं हैं। अच्छा ये माता जी की नहीं हैं तो फिर हम आपसे ये पूछते हैं कि लड़कियाँ...
- जुलाई में पैदा हुईं और जनवरी में एम०ए० हो गईं?...? नहीं साहब! माता जी की नहीं हैं। अच्छा ये माता जी की नहीं हैं तो फिर हम आपसे ये पूछते हैं? लड़कियाँ जब...
- जुलाहे के पास पैसे थे क्या?...? नहीं, पैसे नहीं थे। पढ़ा सकता था? नहीं पढ़ा सकता था, लेकिन कबीर उन्नति करते हुए चले गए।
मित्रो !...
- जुड़ना किसे कहते हैं?...? आपने आग में लकड़ी को गिरते हुए देखा है न। उस लकड़ी की क्या कीमत है-दो कौड़ी की जिसे आप पैर के नीचे फेंक...
- जूते हमारे यहाँ कहाँ बिकते हैं?...? हमारे यहाँ तो किताबें बिकती हैं। नहीं साहब! किताब नहीं, हमें तो नौ नंबर का जूता दे दीजिए। बेटे, जूता...
- जूूँ क्या करता है?...? उपासना। खटमल क्या करता है? उपासना। उपासना किसे कहते हैं पास बैठने को। इन सबको उपासना कहते हैं, सब पा...
- जेल जाने का भी समय था, अब वह समय कहाँ है?...? अब आपत्तिकालीन समय है यह। युग बदल रहा है। आज का समय देना हीरे के बराबर, मोती के बराबर है। अगर अगली ब...
- जेल जाने का भी समय था, अब वह समय कहाँ हैं?...? अब आपत्तिकालीन समय है यह। युग बदल रहा है। आज का समय देना हीरे के बराबर, मोती के बराबर है। अगर अगली ब...
- जेलखाने में आपको रहना नहीं पड़ा है?...? हमको पूरे चार वर्ष जेल में रहना पड़ा। क्या दिक्कत थी? बाहर की जिन्दगी से ज्यादा अच्छी थी—नियमित, व्यव...
- जेलखाने में पड़े हुए लोगों को आपने देखा है ना?...? वे एक से बढ़कर एक होशियार आदमी हैं और एक-से-एक समझदार आदमी हैं। कहाँ हैं? वहीं कैदखाने में हैं। जालसा...
- जैन धर्म क्या है?...? जैन धर्म को जरा पढ़िए, उसने भगवान का ऐसा सफाया किया है कि उसका नामोनिशान मिटा दिया गया है। उसने कहा ...
- जैन धर्म क्या है?...? जैन धर्म को जरा पढ़िए, उसने भगवान का ऐसा सफाया किया है कि उसका नामोनिशान मिटा दिया गया है। उसने कहा ...
- जैसलमेर में क्या हाल हो रहा है?...? रेगिस्तान में जहाँ पानी नहीं है, वहाँ आप देख ही रहे हैं। अगर गंगा न आती तब हरिद्वार का भी यही हा...
- जैसा कि अभी-अभी कहा गया कि ज्ञानयज्ञ के माध्यम से जनसाधारण को विचार करने की महती आवश्यकता पर बल देना चाहिए और ये उसे सिखाया जाना चाहिए कि जीवन श्रेष्ठ तरीके से कैसे जीया जा सकता है और समाज को सुव्यवस्थित कैसे बनाया जा सकता है?...? समाज अर्थात भगवान। भगवान की पूजा कैसे की जा सकती है, इसका एक समग्र शिक्षण करने के लिए ज्ञानयज्ञ किया...
- जैसा कि मैंने कल आपसे निवेदन किया था कि इस साल बेटे आपको हीरा बनना है हीरा कब बनता है?...? जबकि वह कोयले की खदान से बाहर निकलता है और कारीगर के हाथों में पड़ जाता है। कारीगर उसको तराशता है, अ...
- जैसा हँस हमने कल्पना कर रखा है, उसे दूध और पानी कहाँ से मिलेगा?...? दूध पानी को वह कैसे अलग कर सकता है। यह तो अलंकार है। यह हँस जो कि गायत्री माता का वाहन है, ऐसा हमको ...
- जैसा हँस हमने कल्पना कर रखा है, उसे दूध और पानी कहाँ से मिलेगा?...? दूध-पानी को वह कैसे अलग कर सकता है। यह तो अलंकार है। यह हँस जो कि गायत्री माता का वाहन है, ऐसा हमको ...
- जैसे अपनी पृथ्वी के ऊपर जो पानी है, वह किससे बना है?...? हमारे यहाँ पानी दो गैसों से मिलकर बनता है—ऑक्सीजन और हाइड्रोजन। इन दो गैसों को जब भी हम मिला देते है...
- जैसे आप परिस्थिति के बारे में यह अनुमान लगाए थे कि परिस्थिति हमारे अनुकूल हो जाएगी और नहीं हुई, तब?...? तब आप झल्लाते हैं, रोते और खीजते हैं। इसी तरह अगर किसी व्यक्ति ने आपके साथ में एहसान न किया हो, तब? ...
- जैसे आप परिस्थिति के बारे में यह अनुमान लगाए थे कि परिस्थिति हमारे अनुकूल हो जाएगी और नहीं हुई, तब?...? तब आप झल्लाते हैं, रोते और खीझते हैं। इसी तरह अगर किसी व्यक्ति ने आपके साथ में एहसान न किया हो, तब? ...
- जैसे कि गाय घास को चर जाती है और चर करके क्या करती है?...? हजम कर लेती है और दूध बना करके अपनी नसों में भर लेती है। ब्रह्म को चर जाइये। ब्रह्म की शिक्षाओं को, ...
- जैसे कि मैंने आपको एक किसान का किस्सा बताया था कि किस तरह वह अन्य किसानों को तारता चला गया?...? भगवान पर उसका अटूट विश्वास था। भगवान पर विश्वास के आधार पर यदि आप श्रेष्ठ जीवन जीने के लिए, आदर्शवाद...
- जैसे कि हम हिम्मत के साथ कहते हैं कि आप में से भी ऐसे आदमी होते और हम आपको यह सिखाते कि अध्यात्म क्या हो सकता है?...? गायत्री क्या हो सकती है? उपासना क्या हो सकती है और उपासना के आधार क्या हो सकते हैं?...
- जैसे पैरों में एक पैर मोटा और एक पैर पतला हो जाए तो क्या वह आदमी अपने जीवन में उन्नति कर पाएगा?...? कदापि नहीं। उसी प्रकार धन का भी है। धन से भौतिक वस्तुओं का खरीदना सम्भव है, लेकिन व्यक्तित्व नहीं खर...
- जैसे बच्चा, बच्चा क्या करता है?...? बच्चा स्वयं में असमर्थ होता है, कुछ कमा नहीं सकता। इसलिए कुछ कमा सकने की स्थिति में न होने की वजह से...
- जैसे बच्चा, बच्चा क्या करता है?...? बच्चा स्वयं में असमर्थ होता है, कुछ कमा नहीं सकता। इसलिए कुछ कमा सकने की स्थिति में न होने की वजह रो...
- जैसे माँ ने बाल्यावस्था में कितना दूध पिलाया?...? गर्भ के ६-७ पौण्ड भार को लिए फिरने में कितना श्रम लगा। बच्चे की सेवा-सुश्रूषा में कितना समय लगाया—उस...
- जैसे मैं आपको एक पत्थर लाकर दूँ, एक आपको छैनी, हथौड़ा लाकर दूँ और यह कहूँ कि आप इसकी मूर्ति बना दीजिये तो क्या आप मूर्तियाँ बना देंगे?...? मूर्ति बनाने के लिये मैं मानता हूँ कि छैनी की जरूरत है, पत्थर की जरूरत है, हथौड़े की जरूरत है। जितने ...
- जैसे सूरदास के जीवन में भगवान् आ गया था, मीरा के जीवन में भगवान् आ गया था, वैसे आपके जीवन में क्यों नहीं आया?...? क्योंकि भगवान् के चिन्तन को आपने नहीं समझा। उसके स्वरूप को नहीं समझा। हिन्दुस्तान के करोड़ से अधिक इन...
- जैसे हमने अपनी जिन्दगी में इतना साहित्य लिखा, संगठन किया, क्या किया क्या नहीं किया?...? लोग इसे कोई जादू कहते हैं और चमत्कार, देवता की सिद्धि कहते हैं, मैं कहता हूँ कोई सिद्धि नहीं है। यह ...
- जैसे ही उन्होंने अपना संकल्प प्रकट किया, पहले तो हिमालय ने मना भी किया, आपको नहीं जाना चाहिए, क्या कष्ट है आपको यहाँ?...? उन्होंने कहा—नहीं, इसका सवाल नहीं है। हमारी आत्मा नहीं मानती है और यह आत्मा कहती है कि हमको अपने जीव...
- जैसे ही उन्होंने गुरुजी को प्रणाम किया, गुरुजी ने पूछा, ‘‘मुक्ति कहाँ है?...? ’’ उन्होंने बताया कि उसकी तबियत थोड़ी बिगड़ गई थी, इसलिए घर पर ही छोड़ आया हूँ। सुनते ही गुरुजी बहुत ना...
- जैसे ही गुरुजी को प्रणाम किया, वे बोले, ‘‘मेरे लिए क्या लाई है?...? ’’ मेरे हाथ में माताजी का दिया प्रसाद था, मैंने कहा, ‘‘यही है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘ला खिला।’’ और मुँह ...
- जैसे ही चरण स्पर्श किये माताजी ने कहा, ‘‘बेटा, एक को कहाँ छोड़ आये?...? ’’ मैंने सोचा, माताजी को हमारे किसी साथी ने पहले ही कह दिया होगा। मैंने उत्तर दिया, ‘‘माताजी, वह नाग...
- जैसे ही वे रेल के डिब्बे से निकले, उसने कहा कि इनके लिए इतनी जनता, इनमें इतनी विशेषता क्या है?...? आपस में कानाफूसी कर रहे थे। उनमें से एक सज्जन हमारे परिजन थे।
उन्होंने कहा कि इनमें वो विशेषता है...
- जैसे-तुम्हारा क्या नाम है?...? तुम कहाँ रहते हो? उसके उत्तर में वह खिलाड़ी उत्तर देगा/ देगी। मेरा नाम ‘को’ है मैं ‘आ’ पर रहती हूँ। य...
- जैसे—'मुखिया को बुला लाओ' 'विमलेश को आवाज देना' या 'देखना, अम्मा क्या करती है?...? ' इसके विपरीत कहना इस तरह चाहिए कि 'अपनी दीदी जी को बुला लाइये' 'अपने दद्दा, बड़े भाई साहब या दादाजी...
- जैसे—अभी एक बाढ़ आई थी, जिसमें बाढ़ का पानी एकदम चढ़ गया और हजारों आदमियों को बहाकर और डुबाकर रख गया—कभी आपने सुना है?...? नहीं साहब! हमने तो नहीं सुना। अभी जो आंध्र में तूफान आया था, आपको मालूम है? नहीं साहब! हमें तो पता ह...
- जैसे—आप सुबह पूजा करने बैठते हैं तो क्या करते हैं?...? पहले आप पंचकर्म करते हैं, पवित्रीकरण एक, आचमन दो, प्राणायाम तीन, न्यास चार, शिखावंदन पाँच। यही करते ...
- जैसे—हम कहते हैं कि कौन बोल रहा है?...? गुंबद भी कहता है—कौन बोल रहा है? हम कहते हैं—जो कुछ है, हमारे हवाले कीजिए। गुंबद भी कहता है जो कुछ ह...
- जॉर्ज वाशिंगटन को जानते हैं ना?...? गाँधी जी का जीवन इतिहास आपने पढ़ा है ना? बुद्ध का इतिहास पढ़ा है ना? इनकी परिस्थितियों में क्या खास बा...
- जो आदमी खाली हो गए हैं और जो ढोल तरीके से पोले हैं, उनका हम क्या करेंगे?...? इनके लिए हम कुछ नहीं करेंगे और न इनसे समाज के लिए, भगवान् के लिए ही कुछ उम्मीद रखेंगे। किसी के ल...
- जो चीज हमको मिल जाती है, उनका उपयोग करना हमको कहाँ आता है?...? हम उनको जोड़ना, जमा करना शुरू करते हैं और जोड़ते हुए, जमा करते हुए हमारे ऊपर मुसीबत चढ़ती चली आती है।...
- जो अन्ध परम्पराएँ पीड़ा, पतन की कुण्डली मारकर बैठी हैं वे मिटें कैसे?...? इस प्रश्न का उत्तर एक ही है कि धर्मतंत्र के सहारे कुप्रचलनों का उन्मूलन किया जाय। साथ ही उस क्षेत्र ...
- जो अन्धपरम्पराएँ पीड़ा- पतन की कुण्डली मारकर बैठी हैं वे मिटें कैसे?...? इस प्रश्न का उत्तर एक ही है कि धर्मतंत्र के सहारे कुप्रचलनों का उन्मूलन किया जाए। साथ ही उस क्षेत्र ...
- जो अध्यात्म हम सिखाना चाहते हैं, जिसके लिए हमने आपको इस आध्यात्मिक शिविर में बुलाया है, वह कैसा अध्यात्म है?...? उसके तीन फायदे हैं। सिद्धियाँ कितनी होती हैं? यह आठ होती हैं, लेकिन ये अष्ट सिद्धियाँ और नौ ऋद्धियाँ...
- जो अपना पैसा खराब करते हैं?...? समय खराब करते हैं? अकल खराब करते हैं? उनका नाम है—मूर्ख, जो कर्मकाण्डों को ही सब कुछ समझते हैं। साह...
- जो अपना पैसा खराब करते हैं?...? समय खराब करते हैं? अकल खराब करते हैं? उनका नाम है-मूर्ख, जो कर्मकाण्डों को ही सब कुछ समझते हैं। साह...
- जो अपना भार स्वयं वहन नहीं कर सकते, वे किसी आड़े समय में कोई बड़ा काम कर दिखाने का साहस कहाँ जुटा पाते हैं?...? कहने और सोचने को तो शेख चिल्ली भी लम्बी हाँकता था, पर उसका हवाई महल साकार कहाँ हो सका था।नवसृजन ...
- जो अपनी लकड़ी सड़क पर खटखट कर दयनीय स्वर से कह रही थी, ‘‘कोई है क्या?...? जो मुझे सड़क के बायीं ओर वाली उस झोंपड़ी तक पहुँचा दे। भगवान् तुम्हारा भला करेगा। बड़ा अहसान होगा।’’ वह...
- जो अपनी विचारणा को नहीं सुधार सकता, वह परिस्थितियों को क्या सुधारेगा?...? युग परिवर्तन का शुभारम्भ अपनी मनोभूमि के परिवर्तन के साथ आरम्भ करना होगा। हम लोग नव निर्माण के सन्देशवा...
- जो अपने दरवाजे पर आया है, उसको आप क्या खाली हाथ जाने देंगे?...? उन्होंने कहा-पार्वती! ये उन भक्तों में से नहीं हैं। इनको चाहे कितना दिया जाए, ये खाली-के-खाली रहेंगे...
- जो अशिक्षित है, पढ़ा लिखा नहीं है, वह किसी भी जीवन अथवा कर्म-दर्शन सम्बन्धी पुस्तक का अध्ययन किस प्रकार कर सकता है?...? किस प्रकार उसकी शिक्षाओं को समझ सकता है? और किस प्रकार हृदयंगम कर सकता है? उसके लिये तो ज्ञान से भरी...
- जो असली योगाभ्यास है, उसे क्यों नहीं पूछता?...? असली तपश्चर्या क्यों नहीं सीखता, जिसमें तुझको पसीना आयेगा, और जिसमें तेरी ईमानदारी का इम्तिहान लिय...
- जो आज हमारे हाथ में आ गया वही एक ‘मेथड’ नहीं है विज्ञान का और भी ‘मेथड’ हैं, जिसके आधार पर किसी पदार्थ के किसी हिस्से की जाँच के द्वारा न जाने कितनी शक्तियों का प्रतिपादन कर सकते हैं, कितने उभार पैदा कर सकते हैं?...? यह साइंस का एक पक्ष है, जो आज हमारे हाथ में है। साइंस का यह एक छोटा पक्ष है।साइंस के क्या और पक्ष है...
- जो आदमी अपनी माता को भूल जाएगा, दूध कहाँ से पीएगा?...? शक्ति का पुंज है यह गायत्री मंत्र। लेकिन हमारे मंत्र न जाने क्यों चमत्कार नहीं दिखा रहे हैं? इसलिए न...
- जो आदमी अपने आराम में, स्त्री के स्वास्थ्य में, बच्चों की पढ़ाई में दमड़ी खर्चना नहीं चाहते, उन्हें कौन धनवान कह सकता है?...? दूसरों के कष्टों को पत्थर की भाँति देखता रहता है किन्त शुभ कार्य में कुछ दान करने के नाम पर जिसके प्...
- जो आदमी चोरी कर सकता है, वह भगवान का भक्त कैसे हो सकता है?...? वह भगवान का विश्वासी कैसे हो सकता है? जिस दिन वह भगवान का विश्वासी होगा, उस दिन से उसको पाप करने की ...
- जो आदमी टेक्नीक के लिए अपनी जिन्दगी को तबाह कर डाले, वह उसे कैसे गलत बतायेगा?...? पर मैं एक बात कहता हूँ, जिसको आप सुनना नहीं चाहते। आप उस पर गौर क्यों नहीं करना चाहते? और वह यह है क...
- जो आदमी मनुष्य मात्र में भगवान का रूप देख सकता है, क्या वह धोखेबाजी कर सकता है?...? क्या वह जालसाजी करेगा? क्या वह विश्वासघात करेगा? बेईमानी करेगा? कैसे करेगा, मुझे बताइये तो सही? पुलि...
- जो आदमी मर गया, जिसका आपने बेईमानी के साथ पैसा हजम कर लिया था, अब कैसे उसका पैसा चुकायेंगे?...? नहीं साहब, हम तो उसी को चुकायेंगे, लेकिन कैसे चुकायेंगे? वह तो मर गया। किसी लड़की का चाल-चलन खराब किय...
- जो आदमी या वर्ग क्षमता सम्पन्न है, अगर वह अपनी सारी कमाई खाता रहेगा तो हम पूछते हैं कि जो पिछड़े हुए हैं, जो दरिद्र हैं, जो अपंग हैं, जो पतित हैं, उनका क्या होगा, उनका हिस्सा कहाँ से आएगा?...? संचय करना पाप है मित्रो! आपको अपने में से कटौती करनी पड़ेगी; चाहे वह सरकारी टैक्स के रूप में चुकता की...
- जो आदमी या वर्ग क्षमतासम्पन्न है, अगर वह अपनी सारी कमाई खाता रहेगा तो हम पूछते हैं कि जो पिछड़े हुए हैं, जो दरिद्र हैं, जो अपंग हैं, जो पतित हैं, उनका क्या होगा—उनका हिस्सा कहाँ से आएगा?...? संचय करना पाप है
मित्रो! आपको अपने में से कटौती करनी पड़ेगी, चाहे वह सरकारी टैक्स के रूप म...
- जो आदमी सबको कुरूप और गन्दा लगता है, वह एक स्त्री को इतना प्रिय क्यों लगता है?...? इसका कारण है-प्रेम। प्रेम एक प्रकार का प्रकाश है, अँधियारी रात में आप अपनी बैटरी की बत्ती से किसी वस...
- जो आदमी साधु-सन्त नहीं है अथवा साधु होकर भी पाप के गर्त में गिरते हुए चले जाते हैं, तो भगवान् क्यों करेंगे मोहब्बत उनसे और क्यों प्यार करेंगे उनसे?...? एक सिद्धान्त वाले-उच्च आदर्शों वाले की ओर उन्होंने अपना हाथ बढ़ा दिया और समर्थ गुरु उठकर खड़े हो गए। ...
- जो आदमी साधु-सन्त नहीं है अथवा साधु होकर भी पाप के गर्त में गिरते हुए चले जाते हैं, तो भगवान क्यों करेंगे मोहब्बत उनसे और क्यों प्यार करेंगे उनसे?...? एक सिद्धान्त वाले, उच्च आदर्शों वाले की ओर उन्होंने अपना हाथ बढ़ा दिया और समर्थ गुरु उठकर खड़े हो गए। श...
- जो आदमी हाथी पर सवार होकर जाता है, वह कैसे सन्त हो सकता है?...? सन्त को तो पैदल चलना पड़ता है। सन्त को तो मामूली कपड़े पहनकर चलना पड़ता है। सन्त चाँदी की गाड़ी पर कैसे स...
- जो आदमी हाथी पर सवार होकर जाता है, वह कैसे सन्त हो सकता है?...? सन्त को तो पैदल चलना पड़ता है। सन्त को तो मामूली कपड़े पहनकर चलना पड़ता है। सन्त चाँदी की गाड़ी पर कैसे सवा...
- जो आनन्दरूप, आनन्दमय और आनन्द का उद्गम आत्मा है, उससे दुःख, शोक अथवा ताप-सन्ताप का क्या सम्बन्ध?...? किन्तु यह सम्भव तभी है, जब तदनुरूप विचारों की साधना में निरत रहा जाय, उनकी सृजनात्मक शक्ति को सही दि...
- जो आप कमाते हैं, उस कमाई को बढ़ाना तो घर से बाहर होता है, लेकिन उसको खर्च कैसे किया जाए?...? खर्च कैसे किया जाए? किन, किन मदों में किया जाए? किन मदों में होने वाले खर्च को रोका जाए? किन मदों मे...
- जो आप कमाते हैं, उसी हिसाब से बजट कैसे बनाया जाए?...? ये पूरे का पूरा गणित और अर्थशास्त्र आपको घर के, कुटुम्ब में, दायरे में रह कर के सीखने को मिल सकता है...
- जो आप कमाते हैं, उसी हिसाब से बजट कैसे बनाया जाय?...? यह पूरे-का गणित और अर्थशास्त्र आपको घर के कुटुम्ब के दायरे में रह करके सीखने को मिल सकता है।
...
- जो आप यहाँ कामना लेकर आए हैं, दुःख-दर्द, कठिनाई लेकर आए हैं, उसका क्या हुआ?...? मुझे यह कहना पड़ रहा है कि आपकी तो आँखों की सफाई हो गई। हमने हमेशा कमाया है, परन्तु रात को खाली हाथ ...
- जो आप यहाँ कामना लेकर आये हैं, दुःख-दर्द, कठिनाई लेकर आये हैं, उसका क्या हुआ?...? मुझे यह कहना पड़ रहा है कि आपकी तो आँखों की सफाई हो गयी। हमने हमेशा कमाया है, परन्तु रात को खाली हाथ...
- जो आपने पढ़ा नहीं है, उसके बारे में मैं आपसे क्या कहूँ?...?
मित्रो! भगवान् बुद्ध के भौतिक वाले जीवन से आप क्या समझते हैं? मैं समझता हूँ कि आप हर चीज की सफलता ...
- जो आम कड़ा होता है, वह महँगा बिकता है या पिलपिला और पका हुआ आम महँगा बिकता है?...? जो पीला पड़ जाता है, पक जाता है, उसके दाम ज्यादा होते हैं या कच्चे आम के दाम ज्यादा होते हैं? पके आम ...
- जो इंद्रियाँ हमारे पास हैं, जिन्हें हम दुनिया में शान्ति और सुविधा उत्पन्न करने में खर्च कर सकते थे, क्या हम उन्हें पतन के लिए खर्च कर रहे हैं?...? इन तीनों प्रश्नों पर आज हमें तीन हजार बार विचार करना चाहिए।मेरी उपासना की प्रक्रिया इसी प्रकार की चल...
- जो इतना दे सके वह दाता हुई, उसे उपभोग सामग्री कैसे कहा जाए?...? दाम्पत्य जीवन में पुरुष को सरसता, सहकारिता, सेवा के जितने अनुदान, जितने स्वरूप प्रतिदान से प्रदान कर...
- जो इतना लंबा सफर करके आप हम लोगों को ज्ञान देने और शिक्षण करने के लिये यहाँ आये?...? बड़ा नाजुक सवाल था। इसका जवाब उन्होंने मजाक में, दिल्लगी में नहीं दिया। उन्होंने बड़ा गम्भीर जवाब दिय...
- जो इसका फायदा उठा लेंगे उनकी, घर-परिवार की सराहना होती रहेगी, समाज में, इतिहास में उनका नाम स्वर्णाक्षरों में अंकित रहेगा और जो सनक में बैठे रहेंगे, भूल में बैठे रहेंगे वे स्वयं पछताते रहेंगे और बाद में उनकी पीढ़ियाँ पछताती रहेंगी और कहेंगी कि ऐसे शानदार समय में हमारे बाप-दादों ने क्यों मुनासिब कदम नहीं उठाए?...? यह कैसा शानदार समय है। चलिए मैं इसके कुछ आपको उदाहरण देना चाहता हूँ, जिससे कि आप समझ सकें कि यह कैसा...
- जो इसका फायदा उठा लेंगे उनके घर-परिवार में सराहना होती रहेगी समाज में इतिहास में उनका नाम स्वर्णाक्षरों में अंकित रहेगा और जो सनक में बैठे रहेंगे, भूल में बैठे रहेंगे, वे स्वयं पछताते रहेंगे और बाद में उनकी पीढ़ियाँ पछताती रहेंगी और कहेंगी कि ऐसे शानदार समय में हमारे बाप-दादों ने क्यों मुनासिब कदम नहीं उठाए?...? यह कैसा शानदार समय है। चलिए मैं इसके कुछ आपको उदाहरण देना चाहता हूँ जिससे कि आप समझ सकें कि कैसा समय...
- जो इसको कहा गया था, जो इसको दिया गया था, वह पूरा हुआ कि नहीं हुआ?...? आप पता कीजिए। आप पता क्यों नहीं लगाते? आप इनकार कर सकते हैं। हमने लोगों की नास्तिकता को आध्यात्मिकता...
- जो उन दिनों कृपणता धारण किए रहे वे अग्रगामियों के साथ अपनी तुलना करने पर ‘माया मिली न राम’ वाली अपनी मूर्खता पर पश्चाताप ही करते रहते हैं, पर बीता हुआ समय पुनः लौटता कहाँ है?...? बुद्ध, गाँधी, दयानन्द, विवेकानन्द, बिनोवा जैसों की महान् उपलब्धियाँ स्मरण करके हर विचारशील का अन्त:क...
- जो उनके साथ जुड़े थे, उन्होंने किया और शक्ति किनकी थी?...? शक्ति बुद्ध की थी। गाँधी जी स्वतंत्रता लेकर के आए थे? नहीं, गाँधी जी लेकर नहीं आए थे; लेकिन गाँधी जी...
- जो उस हेतु हाथ बढ़ाएँगे, वे खाली क्यों रहेंगे?...? भगीरथ, गाँधी, बुद्ध आदि को जो समर्थता मिली, वह इसलिए मिली कि परमार्थ प्रयोजन के काम आए।इस दुनियाँ मे...
- जो और कह रहे हैं, वही बात मैं कहूँ, तो यह क्या बात हुई?...? मेरा तो जो विशुद्ध पक्ष है, वह बेटे! भावनात्मक है; वह है—आस्था और वह है—निष्ठा; वह है—श्रद्धा। आपकी ...
- जो कदम आगे उठाया है उसे पीछे न हटा, लोकमंगल के लिए हमें यदि कुरबानी देनी हो तो देंगे ही, उससे कौन डरता है?...? देखा जाएगा। ठीक है, घर वाले खुशामद करें कि तू मेरा भगवान है देवता है देवता। यह कहाँ होता है। पर भगवा...
- जो कदम आगे उठाया है, उसे पीछे न हटा, लोक-मंगल के लिए हमें यदि कुरबानी देनी हो, तो देंगे ही, उससे कौन डरता है?...? देखा जाएगा ठीक है।
गुरुजी पर विश्वास रखें
घरवाले खुशामद करें कि तू मेरा भगवान है, देवता है। द...
- जो कमाई बढ़ेगी वह दुर्गुणों में खरच कर दी जाएगी, फिर कैसे गरीबी दूर होगी?...? असंयमी लोग दवा-दारू का अधिक प्रबन्ध होने पर भी रोगग्रस्त रहेंगे, इसलिए राष्ट्रीय विकास के लिए जहाँ भौ...
- जो कमाया वह खर्च कहाँ हुआ?...? मुझे खर्च का ब्यौरा दीजिए। बस! अगर आप खर्च अपव्यय में करते हैं गलत कामों में करते हैं, फिजूलखर्ची कर...
- जो कर गुजरें, उसका अहंकार न करें, वरन् इतना ही सोचें कि हमारा चिन्तन, मनोयोग एवं श्रम कितनी अधिक ऊँची भूमिका निभा सका?...? कितनी बड़ी छलाँग लगा सका? यही आपकी अग्नि परीक्षा है। इसी में आपका गौरव और समर्पण की सार्थकता है। अ...
- जो कर गुजरें, उसका अहंकार न करें, वरन् इतना ही सोचें कि हमारा चिन्तन, मनोयोग एवं श्रम कितनी अधिक ऊँची भूमिका निभा सका?...? कितनी बड़ी छलाँग लगा सका? यही आपकी अग्नि परीक्षा है। इसी में आपका गौरव और समर्पण की सार्थकता है। अपन...
- जो कर गुजरें, उसका अहंकार न करें, वरन् इतना ही सोचें कि हमारा चिन्तन, मनोयोग एवं श्रम कितनी अधिक ऊँची भूमिका निभा सका?...? कितनी बड़ी छलाँग लगा सका? यही आपकी अग्नि परीक्षा है। इसी में आपका गौरव और समर्पण की सार्थकता है। अपन...
- जो कर गुजरें, उसका अहंकार न करें, वरन् इतना ही सोचें कि हमारा चिन्तन, मनोयोग एवं श्रम कितनी अधिक ऊँची भूमिका निभा सका?...? कितनी बड़ी छलाँग लगा सका? यही आपकी अग्नि परीक्षा है। इसी में आपका गौरव और समर्पण की सार्थकता है। अपन...
- जो कर्मकाण्ड हम कराते हैं, उसे उपासना कहते हैं और साधना किसे कहते हैं?...? साधना कहते हैं—बेटे, व्यक्तित्व को विकसित करना। आपका व्यक्तित्व जितना अधिक विकसित होता हुआ चला जाएगा...
- जो काम एक कर सका उसे दूसरा क्यों नहीं कर सकता?...? इस प्रकार के विधेयक विचारों का सिलसिला यदि मनःक्षेत्र में चल पड़े, तो न केवल वैसा विश्वास बँधेगा वरन्...
- जो काम, शान्ति और प्रेम से हो सकता है, उसके लिए भी शारीरिक शक्ति क्यों?...?
९. बहिर्मुखता के लिये आवश्यक है, नम्रता
इस प्रात्यक्षिक में १५ से २० बालकों का मण्डल बनाया जाता है।...
- जो कार्य आज हम नहीं कर सकते उनके लिए माथापच्ची क्यों की जाय?...? उद्देश्य ऊँचे रखने चाहिए, लक्ष्य बड़े से बड़ा रखा जा सकता है पर यह न भूला दिया कि आज हम कहाँ हैं? आज क...
- जो की गुजरें, उसका अहंकार न करें, वरन् इतना ही सोचें की हमारा चिन्तन, मनोयोग एवं श्रम कितनी अधिक ऊँची भूमिका निभा सका?...? कितनी बड़ी छलाँग लगा सका? यही आपकी अग्नि परीक्षा है। इसी में आपका गौरव और समर्पण की सार्थकता है। अपन...
- जो कुछ कमाया है, इस बेटे को दे जाएँ, नाती को दे जाएँ और पोते को दे जाएँ और पड़ोसी को?...? पड़ोसी को डलिया से दाब दीजिए। आग लगा दीजिए। क्यों? पड़ोसी ने क्या बिगाड़ा है? बेटे को क्यों दे दें? बेट...
- जो कुछ भी पल्ले पड़ा है, उसको कृपण के तरीके से, कंजूस के तरीके से दाब के बैठ जाएँ, अपने ही खर्चे के लिए रखे, दूसरी को न बाँटें तब?...? तब मुश्किल हो जाएगी, आप ध्यान रखना। भेड़ ने अपनी ऊन दूसरों को देने का निश्चय कर लिया कि है तो हमारे ह...
- जो कुछ भी सम्भव है पुराना और नया अर्थात पुराने ढंग से कैसे शोध की जाती थी और नए ढंग से कैसे की जाती?...? यह हमने यहाँ बनाने की कोशिश की है। उत्तरकाशी में आरण्यक हैं। आरण्यक किसे कहते हैं? आरण्यक उसे कहते ह...
- जो कुछ भी सम्भव है पुराना और नया अर्थात् पुराने ढंग से कैसे शोध की जाती थी और नये ढंग से कैसे की जाती है?...? यह हमने यहाँ बनाने की कोशिश की है।उत्तरकाशी में आरण्यक हैं। आरण्यक किसे कहते है? आरण्यक उसे कहते हैं...
- जो कुछ हमने कमाया है बेटे को दे जायें, नाती को दे जायें पोते को दे जायें और पड़ोसी को?...? पड़ोसी को आग लगा दीजिये। क्यों पड़ोसी को क्यों नहीं देंगे, बेटे को क्यों देंगे बेटा क्या है आपका ...
- जो कोई पाठ कर रहा होता है?...? उसे डायरी में नोट करते रहते हैं। आपने कितना पाठ किया लाला गुलाब चंद्र जी? हनुमान जी का ३२४ पाठ किया।...
- जो खराब आदमी है, उसको हम अच्छा बनाएँगे, सज्जन बनाएँगे, यह क्यों नहीं सोचते आप?...? यह आदमी खराब है, इसको हम मार डालेंगे, इसकी हत्या कर डालेंगे, यह क्यों सोचते हैं, यह मत सोचिए। आप अपन...
- जो खराब आदमी है, उसको हम अच्छा बनाएँगे, सज्जन बनाएँगे, यह क्यों नहीं सोचते आप?...? यह आदमी खराब है, इसको हम मार डालेंगे, इसकी हत्या कर डालेंगे, यह क्यों सोचते हैं, यह मत सोचिए। आप अपन...
- जो खुद बना ही नहीं है, वह दूसरों को क्या बनाएगा?...? वाल्मीकि के बारे में नहीं सुना है? सीता को छोड़ा गया उन्हीं के आश्रम में। आखिर पहला जीवन उनका कैसा थ...
- जो खुद बना ही नहीं है, वह दूसरों को क्या बनाएगा?...? वाल्मीकि के बारे में नहीं सुना है? सीता को छोड़ा गया उन्हीं के आश्रम में। आखिर पहला जीवन उनका कैसा थ...
- जो खुद ही कुछ थोड़ा तप, त्याग कर सकने में असमर्थ होंगे, वे आखिर दूसरों से कुछ त्याग-बलिदान करने की बात किस मुँह से कह सकेंगे?...? अब गाल बजाने वालों का जमाना चला गया। बढ़-चढ़ कर बोलने और लिखने से जनता का मनोरंजन मात्र ही हो सकता ह...
- जो गाड़ी इन दिनों प्लेटफार्म पर है, वह चली गई तो फिर दूसरी आने के लिए कितनी लम्बी प्रतीक्षा करनी पड़ेगी?...? और तब तक कौन सौभाग्यशाली अपनी वर्तमान स्थिति बनाए रहेगा? इस सम्बन्ध में कुछ कह सकना कठिन है।इन पंक्त...
- जो गाड़ी २४ घण्टे में आती है वह ६०-६१ घण्टे में आए हैं, यह क्या बेटे जरा बताना?...? यह बीज है उस व्यथा का, श्रद्धा का, करुणा का और सम्वेदना का जो आपको यहाँ तक ले आई है। अब जो आपकी सम्व...
- जो गुरुजी का कार्य है, इसमें क्यों नहीं लग जाता है?...? इसमें तपता क्यों नहीं है, तू निखरता क्यों नहीं है? तू कुन्दन क्यों नहीं बनता है? तू लोहे का क्यों है...
- जो गुरुजी का कार्य है, इसमें क्यों नहीं लग जाता है?...? इसमें तपता क्यों नहीं है, तू निखरता क्यों नहीं है? तू कुन्दन क्यों नहीं बनता है? तू लोहे का लोहा क्य...
- जो ग्रह लाखों-करोड़ों मील दूर रहते हैं, वे आदमी पर क्या असर डाल सकते हैं?...? अगर डालेंगे, तो सारी जमीन, सारी सृष्टि पर डाल सकते हैं। पूरी मनुष्य जाति पर असर डाल सकते हैं। केवल ए...
- जो चालाक ये समझें और कहें, क्यों ऐसा अनिवार्य नियम बनाया गया?...? ऐसा अनिवार्य नियम इसीलिये बनाया गया है कि आदमी को एक भावनात्मक वातावरण में, एक उत्साहवर्धक वातावरण म...
- जो चीज मैंने देखी नहीं, उसके बारे में मैं कैसे कहूँ?...? लेकिन मैंने एक नरक देखा है और एक स्वर्ग देखा है। बाह्य जीवन में मनुष्य की जो वृत्तियाँ ठहरी रहती...
- जो चीज है ही नहीं, तो वह कैसे दे देगा?...? जब हनुमान जी का ब्याह हुआ नहीं, उसके बच्चा हुआ ही नहीं, तो बेटा कैसे दे जाएँगे आपको? गुरुजी हम बीमार...
- जो चीज है ही नहीं, तो वह कैसे दे देगा?...? जब हनुमान जी का ब्याह हुआ नहीं, उसके बच्चा हुआ ही नहीं, तो बेटा कैसे दे जाएँगे आपको? गुरुजी हम बीमार...
- जो चीजें मेरे बाप-दादों ने और मेरे बुजुर्गों ने और मैंने कमाई, जिस पैसे को लोकमंगल के लिए समाज को देकर मैं कितना लाभ उठा सकता हूँ, वह मैं आपको दे दूँगा?...? मैं तो नहीं देता। खानदान वालों ने, साले और रिश्तेदारों ने मुझे धमकी दी। लड़के और लड़कियों के ससुराल ...
- जो जरा−जरा सी दिक्कतों को देखकर अपने बढ़े हुए कदम पीछे हटा लेते हैं, वे कौन हैं?...? भगोड़े हैं। और जो पहाड़ों को चकनाचूर कर देते हैं, वे कौन होते हैं? वे दिलेर होते है, हिम्मत वाले होत...
- जो जिन्दा रहें, जरा देखना गुरुजी किस आदमी का नाम था?...? हम आपकी दृष्टि में छोटे हो सकते हैं, लेकिन संसार के लिए हम बहुत बड़े आदमी हैं। जरा अगली वाली हिस्ट्री...
- जो जितना ख्वाहिशमंद है, ‘नीडी’ है, उसको अपनी जरूरतों को पूरा करने और दूसरों को नीचा दिखाने के लिए तैयारियाँ करने के अतिरिक्त फुरसत कहाँ मिलती है?...? समूचा जीवन अपनी महत्त्वाकांक्षाओं की पूर्ति में ही खत्म कर डालता है। भगवान के प्रति समर्पण है योग...
- जो झाड़-झंखाड़ अपने अन्दर उगे हैं, मलीनताएँ बसी हैं, कूड़ा-करकट है, तो भगवान बैठेगा कहाँ?...? बताइए, बैठने के लिए साफ-सुथरी जगह चाहिए। उससे सम्बन्ध स्थापित करने के लिए नम्र होना चाहिए।...
- जो झाड़-झंखाड़ अपने अन्दर है, बसी है, कूड़ा करकट है तो भगवान बैठेगा कहाँ?...? बनाइए, बैठने के लिए साफ सुथरी जगह चाहिए, उससे सम्बन्ध स्थापित करने के लिए नम्र होना चाहिए।...
- जो टिकट दे देगा?...? हाँ दे देगा। इसकी जरूरत है? हाँ बहुत जरूरत है। अगर आप नहीं कहेंगे तो स्टेशन मास्टर को मालूम कैसे पड़...
- जो ढर्रा चल रहा है उसे बदलने की कोशिश क्यों की जाए?...? जो कुछ हो रहा है उसमें पुरुष को अपना लाभ दिखाई देता है और नारी उसकी अभ्यस्त हो गई है। ऐसी हालत में ब...
- जो तू मेरी रिकार्डिंग करेगा?...? ’’ अब उनसे दुबारा निवेदन करने का मेरा साहस नहीं था। फिर भी बार-बार मन में विचार आता कि गुरुजी की रिक...
- जो दरिद्रों को सम्पन्न बना सके उसकी सम्पन्नता पर कौन सन्देह करेगा?...? यही कारण है कि उसे सोने की चिड़िया और रत्नों की खदान के नाम से पहचाना जाता रहा। स्वर्ग सम्पदाओं के स...
- जो दूध बच्चा पीता है वह माता के रस के अतिरिक्त और क्या है?...? उसे बच्चा पीता रहेगा तो माता के शरीर में उसकी कमी पड़ेगी ही। जो रक्त-माँस लड़कियों के अपने स्वास्थ्य...
- जो देवता जितना बड़ा मालदार, वह उतना ही बड़ा भाग्यवान होता है?...? भगवान जिसको जितनी दौलत दे, वह उतना ही भाग्यवान होता है। नहीं बेटे! आध्यात्मिक दृष्टि से वह भाग्यवान ...
- जो देवता जितना बड़ा मालदार, वह उतना ही बड़ा भाग्यवान होता है?...? भगवान जिसको जितनी दौलत दे, वह उतना ही भाग्यवान होता है। नहीं बेटे! आध्यात्मिक दृष्टि से वह भाग्यवान ...
- जो देवी खून पीती हैं वो देवी कैसे हो सकती हैं?...? वो देवी नहीं कही जा सकती। वो पिशाचिन और चुड़ैल ही कही जा सकती हैं और चुड़ैल और पिशाचिन को धर्म में क...
- जो नया युग आएगा, वह किससे आएगा?...? ज्ञान से आएगा, विचारों से आएगा। बन्दूक से नहीं आएगा नया युग। यह बन्दूक से भी बड़ी, सबसे बड़ी तोप है, ज...
- जो नया युग आएगा, वह किससे आएगा?...? ज्ञान से आएगा, विचारों से आएगा। बन्दूक से नहीं आएगा नया युग। यह बन्दूक से भी बड़ी, सबसे बड़ी तोप है, जिस...
- जो नियम और मर्यादा पालन करने के लिए यहाँ कहा गया है, वह हमारी पुस्तकें पढ़कर आप घर पर भी कर सकते थे, लेकिन यहाँ क्यों करना पड़ा?...? यहाँ का वातावरण ही ऐसा है। वातावरण को बनाने के लिए बहुत मेहनत की है। आप वातावरण की कीमत समाझिये। वात...
- जो नियम और मर्यादा पालन करने के लिए यहाँ कहा गया है, वह हमारी पुस्तकें पढ़कर आप घर पर भी कर सकते थे, लेकिन यहाँ क्यों करना पड़ा?...? यहाँ का वातावरण ही ऐसा है वातावरण को बनाने के लिए हमने बहुत मेहनत की है। आप वातावरण की कीमत समझिए। व...
- जो नियम और मर्यादा पालन करने के लिए यहाँ कहा गया है, वह हमारी पुस्तकें पढ़कर आप घर पर भी कर सकते थे, लेकिन यहाँ क्यों करना पड़ा?...? यहाँ का वातावरण ही ऐसा है। इस वातावरण को बनाने के लिए हमने बहुत मेहनत की है। आप वातावरण की कीमत समझि...
- जो पीला पड़ जाता है, पक जाता है, उसके दाम ज्यादा होते हैं या कच्चे आम के दाम ज्यादा होते हैं?...? पके आम के दाम ज्यादा होते हैं न? अब देखो हम कैसे हैं? हम पिलपिले हैं। हमारे गाल पिलपिले हो गए हैं और...
- जो पुस्तकें पढ़ने का जो नियम-मर्यादा पालन करने के लिए यहाँ कहा गया है आप घर पर भी कर सकते थे, लेकिन फिर यहाँ क्यों आना पड़ा?...? यहाँ का वातावरण है। वातावरण बनाने के लिए हमने बहुत मेहनत की है, और वातावरण (का) आप कीमत समझिए - वाता...
- जो पैदा होता है, वह मर सकता है, क्या वह आदमी भगवान् नहीं हो सकता, इनसान ही रहता है?...? भगवान् आपसे यह कहता है कि यदि आपकी उपासना सही हो, तो आप साधारण मनुष्य से भगवान् बन सकते हैं। आप नर...
- जो प्यार कर सकता है, वो लड़ भी नहीं सकता है क्यों?...? वह प्यार में हित-साधन जुड़ा होता है। हित-साधन जिसमें जुड़ा हुआ नहीं है, वह कैसे प्यार हुआ? ये प्यार तो...
- जो फिजूलखर्च हो, उसको बेईमानी करनी पड़ेगी, फालतू पैसा लाएगा कहाँ से?...? रिश्वत लेनी पड़ेगी, चोरी करनी पड़ेगी, अमुक काम करना पड़ेगा; लेकिन जो आदमी किफायतशार है, वह आसानी से ईमा...
- जो बाकी आपके तीन चौथाई आदमी जिस ढंग से गुजारा करते हैं, आप क्यों नहीं कर सकते?...? ईश्वरचन्द्र विद्यासागर यही करते थे। उनको पाँच सौ रूपये की आमदनी थी। पचास रूपये में अपना गुजारा करते ...
- जो बाकी तीन-चौथाई आदमी जिस ढंग से गुजारा करते हैं, आप क्यों नहीं कर सकते?...? ईश्वरचन्द्र विद्यासागर यही करते थे। उनकी पाँच सौ रुपये की आमदनी थी। पचास रुपये में अपना गुजारा चलाते...
- जो बात सारे शरीर में समा गई, तो फिर उसका तो कहना ही क्या है?...? एकांगी नहीं होती भक्ति
भक्ति जिनके अन्दर आ गई, अरे ! उनका तो कहना ही क्या है? भक्ति अगर एकांगी रह ...
- जो बातें समाज की जानकारी में आ जाती हैं, पकड़ में आ जाती हैं, उन पर तो मुकदमा चल सकता है, लेकिन छिप करके कर लिया, इसमें क्या बात है?...? बेटे, उससे कोई बात छिप नहीं सकती। इंसान से आप छिपा सकते हैं, भगवान् से नहीं छिपा सकते।
भक्...
- जो बैल पर बैठे फिरते रहते हैं, वे हैं?...? बैल पर तो धोबी भी बैठा फिरता है। फिर तो बैल पर बैठने वाले का नाम शंकर नहीं हो सकता। उन्होंने कहा—वे ...
- जो बोआ ही नहीं है, उसे काट कैसे सकते हैं?...? अपने-अपने चिन्तन को, चरित्र को, व्यवहार को, अपने वातावरण को जब ऐसा बनाया नहीं गया है तो उसे पास कौन ...
- जो बोया ही नहीं है, उसे काट कैसे सकते हैं?...? अपने-अपने चिन्तन को, चरित्र को, व्यवहार को, अपने वातावरण को जब ऐसा बनाया नहीं गया है, तो उसे पास कौन...
- जो भक्त होता है, उसकी कामना क्या होती है?...? भक्त कहता है—"न त्वहं कामये राज्यं न सौख्यं नापुनर्भवम्। कामये दुःखतप्तानां प्राणिनां आर्त्तिनाशनम्॥...
- जो भगवान चींटी को भोजन दे सकता है, कीट, पतंगों को भोजन दे सकता है, मक्खी-मच्छर को भोजन दे सकता है, तो इंसान को भोजन क्यों नहीं देगा?...? इंसान को भोजन तो मिलना ही चाहिए। मनुष्य की मौलिक आवश्यकताएँ बहुत थोड़ी हैं। कोई आप में से ऐसा है कि ज...
- जो भी आता, यही पूछता कि तुम्हारे पिता जी दिखाई नहीं पड़ते?...? . लड़का कहता कि हमारे पिता जी का स्वर्गवास हो गया, अब आप ही हमारे पिता जी हैं। आपसे रहम तो नहीं माँग...
- जो भी काम हाथ में लिया तो उसे प्रेस्टिज प्वाइंट मानकर लिया, कि अपने हाथ से की हुई मरम्मत कहीं ऐसी न हो जाए कि आदमी कहे कि किस बेवकूफ ने मरम्मत की है?...? सारी अकल खर्च कर दी फिर भी उसने सही मरम्मत नहीं की। कई आदमियों ने उसकी प्रशंसा की और कहा कि अरे मरम्...
- जो भी गंगा नहाने वाला निकले, मजाक करे और कहे कि अरे यहाँ इस बुड्ढे के साथ क्या करेगी?...? कौन है यह बुड्ढा? यह बुड्ढा हमारा पति है। तेरा पति है तो इसको धकेल दे गंगा जी में, बुढ़ापे में इसने ...
- जो भी यहाँ आता है, वह यह देखता हुआ चला जाता है और प्रभावित होता हुआ चला जाता है कि आखिर यहाँ ऐसी क्या चीज है?...? जिससे हर व्यक्ति चिपकता हुआ चला जाता है। आप इतनी दूर से आए हैं, कहाँ रीवा, कहाँ हरिद्वार। आपको यहाँ ...
- जो मशाल हमारे हाथ में थमाई गई है, उसे किन हाथों में सौंप दें?...? उस दृष्टि से हमें अपने उत्तराधिकारियों की तलाश करनी पड़ रही है। — अखण्ड ज्योति, मई १९६६, पृष्ठ ४५, ४...
- जो मिलना भाग्यानुसार निश्चित है, वह तो घर बैठे भी आ जायेगा फिर भविष्य कथन के झंझट में पड़ने से भी क्या लाभ?...? मनुष्य की सम्भाषण और गायन विशेषता दूसरे प्राणियों की दृष्टि से एक देवोपम सिद्धि हो सकती है। दो पैरों...
- जो मिशन के लिए समर्पित है, वह बच्चा हमको प्राणों से भी ज्यादा प्रिय लगता है और जो मिशन से जुड़ा हुआ नहीं है और गुरुजी और माताजी की आरती उतारे, वह आरती उतार ले, उससे क्या होगा?...? उससे आपका कोई व्यक्तिगत लाभ तो हो सकता है और सम्भव है, हो भी जाए, लेकिन हमारी दृष्टि में वह लाभ, लाभ...
- जो मुसीबत में हैं और कहते हैं कि हमारी मुसीबत में हिस्सा नहीं बँटाएँगे क्या?...? तब हम कहते हैं कि आपकी मुसीबत में हम जरूर हिस्सा बँटाएँगे। हमारी भावनाएँ इसी तरह की हैं। भावनाएँ जिस...
- जो मुसीबत में हैं और कहते हैं कि हमारी मुसीबत में हिस्सा नहीं बटाएँगे क्या?...? तब हम कहते हैं कि आपकी मुसीबत में हम जरूर हिस्सा बँटाएँगे। हमारी भावनाएँ इसी तरह की हैं। भावनाएँ जिस...
- जो मैटेरियल या भौतिक चीजें हैं, उनके उपयोग का क्या उद्देश्य होना चाहिए?...? साहब। भौतिक से तो भौतिक चीजें ही मिलेगी। हाँ बेटे, चरखा कातने से अठन्नी मिल सकती है। माला घुमाने स...
- जो यहाँ के क्रियाकलाप हैं, वो कैसे चलते?...? यहाँ के जो इतने कार्यकर्ता हैं, कितने भावनाशील कार्यकर्ता हैं। जो अपनी सर्विस छोड़ करके आए हैं। आप उ...
- जो रिश्वत की उपहार की करामात जानते हैं, उनका दावा है कि बेचारा मनुष्य तो चीज ही क्या है?...? देवताओं तक को भेंट उपहार के स्तवन, मनुहार के सहारे अपने पक्ष में बनाया जा सकता है। भले ही वह अनुग्रह...
- जो रोमन लिपि में लिखते हैं, उसमें ‘त’ नहीं है, फिर क्या है?...? ‘ट’ है। उसको ‘टट्-टट्’ कह रहे थे। ‘प्रचोदयात्’ का ‘त्’ हमने हर चन्द कोशिश कर ली; पर ‘त्’ आया ही नहीं...
- जो लंका में थे, वे आपको सब मिल जाएँगे, पर इससे क्या होगा?...? आप हैरान होंगे।
हम आपस में लड़-मर न जाएँ
और मित्रो क्या होगा? वे परिस्थितियाँ आ जा...
- जो लंका में थे, वे आपको सब मिल जाएँगे, पर इससे क्या होगा?...? आप हैरान होंगे। हम आपस में लड़-मर न जाएँ और मित्रो क्या होगा? वे परिस्थितियाँ आ जाएँगी, जो यादवों के...
- जो लाभ हम बता चुके हैं, अभी और उसे पूरा करते हैं कैसे?...? लम्बी जिन्दगी, हमारी कितनी जिन्दगी है, बहुत लम्बी जिन्दगी है। कितनी लम्बी जिन्दगी है? उम्र के हिसाब से, जन्...
- जो लाभ हम बता चुके हैं, अभी और उसे पूरा करते हैं कैसे?...? लम्बी जिन्दगी, हमारी कितनी जिन्दगी है, बहुत लम्बी जिन्दगी है। कितनी लम्बी जिन्दगी है? उम्र के हिसाब ...
- जो लोग युग निर्माण अभियान तथा उसके सूत्र-संचालकों के व्यापक प्रयोग?...? परीक्षण से परिचित हैं, उन्होंने लाखों व्यक्तियों के जीवन में इस विद्या को फलित होते देखा है।ऐसे अति ...
- जो लोग सर्कस देखने जाते हैं, वे यह देखते हैं कि किसको तार के ऊपर चलना आ गया?...? झूला झूलना किसको आ गया। जिसको झूला झूलना आ जाता है, उस पर हम ताली बजाते हैं। जिसको झूला झूलना नहीं...
- जो विकृतियाँ फैली हुई हैं उन विकृतियों के प्रति आपके अन्दर की जो सम्वेदनाएँ हैं, वह सम्वेदना मर गई हैं, तो भक्त कैसे हो गए?...? भक्त के अन्दर तो सम्वेदना होती है, ऐसी जैसी कि शिवाजी की। शिवाजी के गुरु समर्थ रामदास जी ने सोचा कि ...
- जो विकृतियाँ फैली हुई हैं, उन विकृतियों के प्रति आपके अन्दर की जो सम्वेदनाएँ हैं, वे सम्वेदनाएँ मर गई हैं, तो भक्त कैसे हो गए?...? भक्त के अन्दर तो सम्वेदना होती है, ऐसी जैसी कि शिवाजी की। शिवाजी के गुरु समर्थ रामदास जी ने सोचा कि ...
- जो विश्वामित्र के पास था, वसिष्ठ के पास था, वही है, परन्तु बटिया आदमी इस मंत्र का क्या करेगा?...? घटिया आदमी के लिए मंत्र भी क्या करेगा? इसलिए व्यक्तित्व को परिष्कृत करना आवश्यक है। मंत्र की शक्ति द...
- जो वैसा करना नहीं चाहते उन्हें भी ऐसे पाप मजबूर होकर करने पड़ते हैं अन्यथा शादियों का खर्चा जुटे कैसे?...? अपने समाज की नैतिक, ईमानदारी इस घातक कुरीति के कारण बुरी तरह नष्ट हो चली है। हिन्दू समाज के लिए जिसम...
- जो व्यक्ति परिश्रम से घबराते रहे, बड़बड़ाते रहे, जिन्होंने अपना सारा-का-सारा मानसिक सन्तुलन खो दिया, वे जीवन में क्या कुछ प्राप्त कर सकेंगे?...? जो वस्तुओं में शान्ति की तलाश करते रहेंगे, वे अपने गिरह की भी शान्ति खो बैठेंगे।मित्रो! अध्यात्म जीवन ...
- जो व्यापक भगवान हैं, उसको तो बेटा कौन कहेगा?...? वह तो बहुत फैला हुआ है, उसकी तो बात ही मत कीजिए। ब्रह्म तो इतना विस्तृत है, इतना विस्तृत है कि हमारी...
- जो शक्ति आपको आध्यात्मिक उन्नति के लिए आवश्यक है, वह इससे कितनी खरच होती है?...? अच्छा, हम आपको इस तरीके से तो नहीं बता सकते, पर यों बता सकते हैं—आपने किसी मरने वाले को देखा है? हाँ...
- जो शक्ति आपको आध्यात्मिक उन्नति के लिए आवश्यक है, वह इससे कितनी खरच होती है?...? अच्छा, हम आपको इस तरीके से तो नहीं बता सकते, पर यों बता सकते हैं-आपने किसी मरने वाले को देखा है? हों...
- जो सफलता एवं सामर्थ्य उन्हें प्राप्त हुई वह कौन-सी थी?...? वह मित्रो! गायत्री मंत्र की थी जो उन्होंने प्राप्त किया था। ब्रह्माजी ने उस गायत्री मंत्र को चार टुक...
- जो सफलता एवं सामर्थ्य उन्हें प्राप्त हुई, वह कौन सी थी?...? वह मित्रो! गायत्री मंत्र की थी जिसे उन्होंने प्राप्त किया कि था। ब्रह्माजी ने उस गायत्री मंत्र को चा...
- जो सफलता सहज ही मिल सकती हो उसका लाभ कौन छोड़ेगा?...? दूसरों के कन्धे पर रखकर बन्दूक चलाने वाले का लाभ ही लाभ है। इसी आकर्षण ने उन आक्रमणकारियों को पैर जमान...
- जो सब जगह समाया होगा, उसकी शक्ल कैसे बन जायेगी?...? उसकी शक्ल नहीं बन सकती।मित्रो! फिर यह सवाल पैदा हो सकता है कि देवताओं की शक्ल कैसे बनीं? देवता या ...
- जो सर्वव्यापक है, जड़-चेतन में समाया हुआ है, उसको हम इस दृष्टि से कैसे देख पाएँगे?...? उसको हम सम्वेदनाओं के रूप में तो समझ लेंगे कि भगवान हमारे अन्दर आ गया। भगवान आ गया, तो परिवर्तन हो ग...
- जो साथ घुले और जुड़े हैं उनसे नाता कैसे तोड़ लें?...? कुछ भी सूझ नहीं पड़ता। पढ़ा हुआ ब्रह्मज्ञान रत्ती भर भी सहायता नहीं करता। इन दिनों, बहुत करके रात मे...
- जो सारे दिन आलस्य की केंचुली में बन्द पड़ा रहेगा, वह भला किस प्रकार ब्रह्मचर्य स्थित रख सकता है?...? ब्रह्मचारी तो स्वस्थ, कुशाग्र, बुद्धिमान, स्फूर्तिमान् होता है। शारीरिक बल से उसे आत्मबल प्राप्त होत...
- जो सिरिंज लगाई जाती है वो क्या है?...? वो है जिसको हम विचारणाएँ कहते हैं, भावनाएँ कहते हैं, दिशाएँ कहते हैं। जिसके लिए हमें, प्रतीक-पूजा के...
- जो स्कूलों में पढ़ाया जाता है?...? नहीं बेटे! स्कूलों वाला नहीं। स्कूल वाले ज्ञान को तो शिक्षा भी कहते हैं और जानकारी भी कहते हैं। यह त...
- जो स्कूलों में पढ़ाया जाता है?...? नहीं बेटे! स्कूलों वाला नहीं। स्कूल वाले ज्ञान को तो शिक्षा भी कहते हैं और जानकारी भी कहते हैं। यह त...
- जो स्वयं दूसरों की सहायता चाहता है, जो स्वावलम्बन तक सँजो नहीं पाता, तो वह प्रगति कैसे करेगा?...? यह सत्य कोई समझे या न समझे, पर जीवट की कमी एक ऐसी विडम्बना है, कि जिसके कारण मनुष्य जीवित रहते हुए भ...
- जो हम कह रहे हैं वह दूसरे के लिए फायदेमन्द है या नुकसानदेह है या दूसरे आदमी का दिल दुखाने वाला है—क्या है, क्या नहीं है?...? हम कुछ नहीं सोचते। जो मुँह में आता है, अल्लम-गल्लम वही हम बकते रहते हैं। यह न बक करके एक-एक शब्द को ...
- जो हम कह रहे हैं, वह दूसरे के लिए फायदेमंद है या नुकसान देय है और दूसरे आदमी का दिल दुखाने वाली है?...? क्या है? क्या नहीं है? हम कुछ नहीं सोंचते। जो मुँह में आता है उल्लम- गल्लम वही हम बकते रहते हैं। यह ...
- जो हम नहीं कर सकते उसके लिए आप क्यों दबाव डालते हैं?...? भगवान मालदार नहीं बनाते, मालदारों को गरीब बना देते हैं। आपने देखे हैं न। हरिश्चन्द्र से ले करके जितन...
- जो हम नहीं कर सकते, उसके लिये क्यों दबाव डालते हैं?...? भगवान मालदार नहीं बनाते; मालदारों को गरीब बना देते हैं। आपने देखे हैं हरिश्चन्द्र से लेकर के जितने भ...
- जो हम पढ़ते हैं, जानते हैं, सीखते हैं, उसके लिए क्या करना होता है?...? चार हिस्सों में ये पढ़ाई बँटी हुई है। पहली वाली पढ़ाई का नाम है लर्निंग। लर्निंग किसे कहते हैं? लर्निं...
- जो हमने काम किए हैं जिन्दगी में, आप पता लगा सकते हैं और तलाश कर सकते हैं कि इतने काम कोई आदमी साढ़े तीन सौ वर्ष से कम में कर सकता है क्या?...? हमने जितना साहित्य लिखा है ये सत्तर वर्ष से कम में नहीं लिखा जा सकता है। हमने जो संगठन किया है—इतना ...
- जो हमने काम किए हैं, जिन्दगी में, आप पता लगा सकते हैं और तलाश कर सकते हैं कि इतने काम कोई आदमी साढ़े तीन सौ वर्ष से कम में कर सकता है क्या?...? हमने जितना साहित्य लिखा है, ये सत्तर वर्ष से कम में नहीं लिखा जा सकता है। हमने जो संगठन किया है, इतन...
- जो हमारे आग की चिनगारी को ले जाए?...? हम इनके लिए क्या मददगार हो सकते हैं? इनको हम कैसे शान्ति पहुँचा सकते हैं, कैसे इनको सन्तोष पहुँचा सक...
- जो हमें नहीं भुला पा रहे हैं, उन्हें हम कैसे भूल जाएँगे?...? जो साथ घुले और जुड़े हैं उनसे नाता कैसे तोड़ लें? कुछ भी सूझ नहीं पड़ता। पढ़ा हुआ ब्रह्मज्ञान रत्ती ...
- जो हमें नुकसान पहुँचा रहा है, उसे हम अपने भीतर पैदा न होने दें, तब?...? तब बेटे, घृणा, द्वेष, भय, आतंक तुम्हारा कुछ नहीं बिगाड़ सकते। अगर आपका दृष्टिकोण-जिसका नाम अध्यात्म ह...
- जो हर काम को मनोयोगपूर्वक सोच-समझ कर और प्रतिष्ठा का प्रश्न बनाकर अच्छे से अच्छे ढंग से करता है उसे घाटा पड़ेगा और तंगी क्यों भुगतनी पड़ेगी?...? चिन्ता, निराशा, भय, शोक, आशंका, उद्वेग, आवेश आदि मनोविकारों में जकड़े हुए व्यक्ति निरन्तर उदास, दुःखी...
- जो हरामखोर बैठे रहते हैं और यह सोचते हैं कि हमारे बेटे कमाते हैं, हमारे पोते कमाते हैं, हमारा बाप कमाकर रख गया है और हमारे पास बहुत आमदनी है, पेंशन हमारे पास है, खेती-बारी हमारे पास है तो हम अब काम क्यों करें?...? बेटे! उन पर लानत है।
काम चोरी : एक सामाजिक अपराध
बेटे! तू तो कुछ काम करता है कि नह...
- जो हरामखोर बैठे रहते हैं और यह सोचते हैं कि हमारे बेटे कमाते हैं, हमारे पोते कमाते हैं, हमारा बाप कमाकर रख गया है और हमारे पास बहुत आमदनी है, पेंशन हमारे पास है, खेती-बारी हमारे पास है तो हम अब काम क्यों करें?...? बेटे! उन पर लानत है। कामचोरी : एक सामाजिक अपराध बेटे! तू तो कुछ काम करता है कि नहीं करता है? नहीं सा...
- जो है फिर आप उनके मालिक कैसे हुए?...? सम्पत्ति, जो आप में पेट में खा सकते हों, तन में ढक सकते हैं, सिर्फ उतनी ही आपके इस्तेमाल करने के लिए...
- जो होता है होगा, अब क्या किया जाए?...? पर जो लक्ष्य है, उद्देश्य है ऊँचा उठने का, उसे याद रखना चाहिए।
अन्तस में वेदना लाइए
अपने इष्ट के...
- जोंक क्या करती है?...? बेटे, उपासना करती है। जूूँ क्या करता है? उपासना। खटमल क्या करता है? उपासना। उपासना किसे कहते हैं पास...
- जोड़ देने का क्या मतलब है?...? एक में एक मिला दिया—यह हो गया जोड़। जब हम अपने आप को किसी के साथ में मिला दें तो यह योग हो जाएगा। जो...
- जोड़े हुए धन को सब खा जाएँगे, चाहे बेटा हो, चाहे साला हो, चाहे जमाई हो, क्यों नहीं लेगा?...? तेरे साथ कुछ भी जाने वाला नहीं है।
सिकन्दर जब मरने लगा, तो उसने कहा दुनियावालो, मेरे हाथ बाहर निक...
- जोड़े हुए धन को सब खा जाएँगे, चाहे बेटा हो, चाहे साला हो, चाहे जमाई हो, क्यों नहीं लेगा?...? तेरे साथ कुछ जाने वाला नहीं है।
सिकन्दर जब मरने लगा तो उसने कहा दुनियाँ वालों, मेरे हाथ बाहर निक...
- जोत करके अगर आपने खेत ठीक तरीके से तैयार कर लिया है, तो बुआई में आपको कोई दिक्कत नहीं पड़ेगी, बुआई सरल हो जाएगी, खेत तो जोता हुआ है और अगर जोता हुआ न हो तब?...? कंकड़, पत्थर वाला खेत हो तब? सूखा और पत्थर वाला खेत हो तब? तब आप जो कुछ भी बोएँगे जमीन में, सब आपका ब...
- जोड़ेंगे तो हम क्या करेंगे?...? वह तो इसलिये कि हमारी उदारता में कमी न आने पाये, इस कारण हम आपकी सहायता करते हैं। हमारे जीवन का यह स...
- ज्ञान अगर न हो, विचार न हो तो आगे वाले कदम कैसे उठाएँ जा सकते हैं?...? इसलिए पहला ज्ञानयज्ञ का परिचय बताया जा चुका।...
- ज्ञान आपने देखा नहीं, प्यार देखा नहीं, गरमी देखी नहीं, ठंड देखी नहीं, तो फिर आप भगवान् को कैसे देखेंगे?...? नहीं महाराज जी! भगवान् दिखा दीजिए। पागल कहीं का-भगवान् देखेगा। भगवान् भी कोई देखने की चीज है! भगवा...
- ज्ञान और अकल के साथ साथ यदि आदमी का कलेजा बढ़ जाए तब?...? हृदय बढ़ जाए तब? दृष्टिकोण बढ़ जाए तब? तब फिर मजा आ जाए और अगर हमारा कलेजा-हृदय छोटा होता हुआ चला जाए ...
- ज्ञान और अकल के साथ-साथ यदि आदमी का कलेजा बढ़ जाए तब?...? हृदय बढ़ जाए तब? दृष्टिकोण बढ़ जाए तब? तब फिर मजा आ जाए और अगर हमारा कलेजा-हृदय छोटा होता हुआ चला जा...
- ज्ञान का उद्देश्य क्या है?...? पढ़ने का उद्देश्य क्या है? उद्देश्य पहले बताया जाता है और उसका प्रयोग पीछे पढ़ाया जाता है। क, ख, ग पीछ...
- ज्ञान का सारे संसार में सबसे पहले विस्तार कहाँ से हुआ?...? उसका नाम है वेद। वेद क्या हैं? वेदों के बारे में पुराणों के जो उपाख्यान हैं—उनमें से बताया गया है कि...
- ज्ञान की जरूरत है?...? नहीं बेटे, ज्ञान की कोई खास जरूरत नहीं है। दुनिया में ज्ञान वालों ने बड़े काम नहीं किये हैं। दिलेर ...
- ज्ञान के बिना निर्वाह साधन कैसे जुटें?...? और निर्वाह न मिले तो ज्ञान-सम्पदा की बात कैसे सूझे? दोनों ही तथ्य अपने-अपने स्थान पर सही हैं। उन्हें...
- ज्ञान कौन सा?...? जो स्कूलों में पढ़ाया जाता है? नहीं बेटे! स्कूलों वाला नहीं। स्कूल वाले ज्ञान को तो शिक्षा भी कहते ह...
- ज्ञान कौन सा?...? जो स्कूलों में पढ़ाया जाता है? नहीं बेटे! स्कूलों वाला नहीं। स्कूल वाले ज्ञान को तो शिक्षा भी कहते है...
- ज्ञान क्या बनाया?...? ज्ञान का सारे संसार में सबसे पहले विस्तार कहाँ से हुआ? उसका नाम है वेद। वेद क्या हैं? वेदों के बारे ...
- ज्ञान न हो तब?...? ज्ञानविहीन होने की वजह से चेतन होते हुए भी सब प्राणियों को निचले दर्जे में गिना जाता है। जीवन तो वनस...
- ज्ञान में पूजा आती है, पाठ में रामायण पाठ आता है, सत्संग आता है, स्वाध्याय आता है—यह ज्ञान-पक्ष है और कर्म-पक्ष?...? कर्म-पक्ष उसे कहते है, जिसमें सेवा का समावेश होता है, परोपकार का समावेश होता है, पुण्य-कर्मों का समा...
- ज्ञान से कुछ काम बनेगा क्या?...? ज्ञान से कुछ काम नहीं बन सकता। मुझे तो वह शक्ति इकट्ठी करनी चाहिए, जिसको हम ‘आत्मबल’ कहते हैं। आ...
- ज्ञान हमारे पास में हो, विद्या हमारे पास में हो, अध्ययन हमारे पास में हो और कलम हमारे पास में हो, अध्ययन हमारे पास में हो ओर कलम हमारे पास बढ़िया-से-बढ़िया हो तो आप क्या ख्याल करते हैं कि उससे आप वह सब पूरा कर सकते हैं?...? नहीं, पूरा नहीं कर सकते हैं।
इसी तरह अच्छी साइकिल हमारे पास हो तो हम ज्यादा अच्छा सफर कर सकते...
- ज्ञान हो जाए तो क्या?...? भक्ति हो जाए तो क्या? विद्या हो जाए तो क्या? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता है। इसलिए मैं आपसे एक न...
- ज्ञान हो जाए तो क्या?...? भक्ति हो जाए तो क्या? विद्या हो जाए तो क्या? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता है। इसलिए मैं आपसे एक न...
- ज्ञान, ज्ञान को हम क्या कह सकते हैं?...? ज्ञान तो इसमें इतना भरा हुआ पड़ा है कि आदमी को, नर को नारायण तक पहुँचाने वाला रास्ता खोलने वाला सूत्र...
- ज्ञानघट का पैसा खर्च कीजिये तो क्या हम अपनी बीबी को बेच दें?...? बच्चे को बेच दें? चुप कंजूस कहीं के ऊपर से कहते हैं हम गरीब हैं। आप गरीब नहीं कंजूस हैं।हर आदमी के...
- ज्ञानघट का पैसा खर्च कीजिये तो क्या हम अपनी बीबी को बेच दें?...? बच्चे को बेच दें? चुप कंजूस कहीं के ऊपर से कहते हैं हम गरीब हैं। आप गरीब नहीं कंजूस हैं।हर आदमी के ऊ...
- ज्ञानपक्ष में क्या आता है?...? ज्ञानपक्ष में वेद आते हैं। वेद कैसे? आपको पुराणों की कथा शायद मालूम नहीं है। पुराणों की कथा है कि ब्...
- ज्ञानयज्ञ कैसे होगा?...? इसका भी हमने इतना सरल तरीका बना दिया है कि जिसका कोई ठिकाना नहीं है। इसमें संगीत-एक और व्याख्यान...
- ज्ञानयोग का मकसद यह है कि जिस तरह से हमको ऐसा बढ़िया और बेहतरीन शरीर मिला हुआ है कि हम क्या कह सकते हैं?...? देखने में कैसे खूबसूरत दिखता है इसलिए शीशे में हम बार-बार अपना चेहरा देखते हैं। बार-बार अपनी हजामत...
- ज्ञानयोग की फिलॉसफी यही है, कायदा और कानून यही है कि हमको अपने जीवन में किस तरह से कर्म करना चाहिए?...? कर्म हमारे लिए किस तरह से फायदेमन्द हो सकते हैं और किस तरह से हानिकारक हो सकते हैं। कर्मयोग की फ...
- ज्ञानयोग क्या है?...? ज्ञानयोग यह है कि हम पूर्णता को कैसे प्राप्त कर सकते हैं। कषाय कल्मषों से मुक्ति साथियो! एक और चीज...
- ज्ञानरथ कैसा होता है?...? ज्ञानरथ ऐसा होता है। वृन्दावन में रंगजी का एक मन्दिर है। उस मन्दिर से जब रथ यात्रा निकलती है तो वह घर-...
- ज्ञानवानों की कहानी आपने पढ़ी है न?...? भगवान बुद्ध का नाम सुना है न? भगवान बुद्ध में क्या विशेषता थी? भगवान से उनको क्या वरदान मिला? उनको क...
- ज्ञानी से बड़ा पुरुषार्थ?...? एक से एक बड़े पुरुषार्थी पड़े हुए हैं प्राणी, लेकिन आदमी की जो उन्नति हुई है, वास्तव में सहकारी समाज...
- ज्ञानी हो गयी?...? उसे आत्मसाक्षात्कार हो गया कि नहीं हो गया? कुछ भी नहीं हुआ। एकाउण्टेंट जो बढ़िया वाले हिसाब रखते ...
- ज्ञानेश्वर ने पूछा-‘कुत्ता तो विट्ठल बन गये हैं और विसोबाचाटी?...? ’‘वे भी विट्ठल ही हैं!’ मुक्ता का स्वर ज्यों का त्यों था।
विसोबा चाटी मुक्ता के साथ ही कुम्हार के घ...
- ज्यादा के लिए क्या सोचना?...? ज्यादा की बात सोचेगा तो चपत पड़ेगी। इंसान रोटी खा सकता है, कपड़े पहन सकता है, बस। दौलत सिकंदर ने जमा...
- ज्यादा लम्बी जिन्दगी से क्या मतलब है आपका?...? ज्यादा जिन्दगी तो साँप की होती है, कछुए की होती है। क्या आप इसी को ज्यादा जिन्दगी कहते हैं। मित्रो! ...
- ज्यादा हम कहाँ तक दे पायेंगे?...? भीख माँगने वाले को कहाँ, किसी ने क्या, कितना दिया है? थोड़ा सा ही दे पाते हैं। लेकिन आप हिस्सेदार क्य...
- ज्योतिर्विज्ञान के चिर पुरातन प्रयोगों के माध्यम से आज के परिप्रेक्ष्य में मानव समुदाय को कैसे लाभान्वित किया जा सकता है?...? ऐसे अनेकानेक पक्षों को हमने अथर्ववेदीय ऋषि परम्परा के अन्तर्गत अपने शोध प्रयासों के अभिनव रूप में प्र...
- ज्वार-भाटा कैसा होता है?...? जैसे लहरें उठती हैं। बच्चा समझ गया। उसने अन्दाजा लगा लिया कि शायद ऐसा ही समुद्र होता होगा। समुद्र का...
- ज्वालामुखी कब फटने लगेंगे?...? कोई नहीं कह सकता; बाढ़ कब आ जायेगी? इसका कोई ठिकाना नहीं है। नेचर हमसे बिलकुल नाराज हो गई है इसलिये उ...
- जड़ की ताकत सीमित है जड़ क्या है?...? जड़ हमारा शरीर है? जड़ क्या है? जड़ हमारा पैसा है। जड़ क्या है? जड़ हमारा व्यापार है। दिमाग भी हमारा जड़ प...
- जड़ के द्वारा जो फायदा मिल सकता है; चेतना के द्वारा उससे हजारों गुना फायदा हो सकता है; लाखों गुना ज्यादा फायदा हो सकता है चेतना की शक्ति अगर हमारे पास हो, जिसे हम ब्रह्मबल कहते हैं और आत्मबल कहते हैं, तो फिर उसका कहना ही क्या?...? मित्रो! मैं कहानी का अर्थ समझाना चाहूँगा आपको, ताकि गायत्री की परिभाषा समझ में आ जाए कि गायत्री क्या...
- जड़ को कोई चढ़ाता है?...? नहीं। फूल को ही चढ़ाते हैं—इसका अर्थ है भगवान के सिर पर अगर आपको विराजना है, भगवान के हृदय से अगर आपक...
- जड़ क्या है?...? जड़ हमारा शरीर है? जड़ क्या है? जड़ हमारा पैसा है। जड़ क्या है? जड़ हमारा व्यापार है। दिमाग भी हमारा जड़ प...
- जड़ क्या है?...? जड़ हमारा शरीर है। जड़ क्या है? जड़ हमारा पैसा है। जड़ क्या है? जड़ हमारा व्यापार है। दिमाग भी हमारा जड़ प...
- जड़ में मैं यह समझा रहा था कि गायत्री उपासना क्या है?...? गायत्री-उपासना का क्रियायोग मैं फिर कभी समझाऊँगा कि क्रियायोग तीन बातों पर टिका हुआ है-नामोच्चारण,...
- जड़ यथावत जमी रहे तो मात्र पत्ते तोड़ने से क्या बने?...? विषैले रक्त के कारण उत्पन्न होने वाले फोड़े फुन्सियों का निराकरण मात्र मरहम लगाने के ऊपरी उपचार से कै...
- जड़ हमारा शरीर है?...? जड़ क्या है? जड़ हमारा पैसा है। जड़ क्या है? जड़ हमारा व्यापार है। दिमाग भी हमारा जड़ पदार्थ का बना है, ज...
- जड़ों से क्या मतलब है?...? जड़ों से मेरा मतलब है बेटे! ईमान। आदमी का व्यक्तित्व वह नहीं है, जो बाहर दिखाई पड़ता है। किसी का चेहरा...
- झंझट से बचने के लिए हम खड़े-खड़े अपनी यात्रा पूरी करते हैं और मन ही मन उन जगह घेरे बैठे लोगों की स्वार्थपरता और अनुदारता को कोसते हैं, पर जब हमें जगह मिल जाती हैं और नए यात्रियों के प्रति ठीक वैसे ही निष्ठुर बन जाते हैं, क्या यह दुहरा दृष्टिकोण उचित है?...? हमारी कन्या विवाह योग्य हो जाती है तो हम चाहते हैं कि लड़के वाले बिना दहेज के सज्जनोचित व्यवहार करते ...
- झंडी गाड़ी को कैसे खींच सकती है?...? इंजन को स्टीम खींचती है, ड्राइवर की अकल खींचती है। फिर यह झंडी किस काम आती है? यह झंडी इशारा करती है...
- झगड़ा हो गया?...? फिर क्या हुआ? वे ब्राह्मण और ठाकुर थे। ब्राह्मणों को पता चला कि हमारे ब्राह्मण की ठाकुरों ने पिटाई...
- झण्डा तो एक रुपये का था बारह आने का था और जान कितनी कीमती थी?...? झण्डे के लिए उसे क्यों खर्च कर डाला? झण्डे के लिए क्यों आपने नुकसान उठाया, कष्ट उठाया? झण्डे की बात ...
- झण्डा तो हमारा है, हम चाहे जो करेंगे?...? आपका है, तो करके दिखाइये? पुलिस आ जाएगी और आपकी रिपोर्ट कर देंगे। ये हमारा झण्डा है, राष्ट्रीय झण्डा...
- झण्डे के लिए उसे क्यों खर्च कर डाला?...? झण्डे के लिए क्यों आपने नुकसान उठाया, कष्ट उठाया? झण्डे की बात नहीं है। उसके पीछे जो भावनाएँ जुड़ी हु...
- झण्डे के लिए क्यों आपने नुकसान उठाया, कष्ट उठाया?...? झण्डे की बात नहीं है। उसके पीछे जो भावनाएँ जुड़ी हुई हैं, जो हमारे प्रतीक जुड़े हुए हैं वे बड़े कीमती ह...
- झण्डे से क्या फायदा?...? झण्डा तो एक रुपये का था बारह आने का था और जान कितनी कीमती थी? झण्डे के लिए उसे क्यों खर्च कर डाला? झ...
- झरना के बीचों-बीच में दोनों ओर पेड़ों से रस्से बाँध दिये और लोगों से कहा—देखिये, मैं बाजीगर तो नहीं हूँ?...? नहीं, आप बाजीगर नहीं हैं। हम सर्कस में तो काम नहीं करते? नहीं, सर्कस में आप काम नहीं करते। हम कोई नट...
- झाँसी की रानी लक्ष्मी बाई असफल हो गयी कि सफल?...? असफल। ऋषि दधीचि असफल हो गये कि सफल? असफल हो गये। बेचारे को अपनी हड्डियाँ तक देनी पड़ीं। ये सभी नुकस...
- झूठ के पाँव कहाँ होते हैं?...? झूठ जिन्दा रहता है क्या? झूठ जिन्दा नहीं रहता। झूठ अगर जिन्दा रहता, तो चोर और उचक्के और उठाईगीर अब तक...
- झूठ को सबसे बड़ा पातक क्यों माना गया है?...? कथाएँ —— (१) एक अंग्रेज युवती ने इटली में घड़ी खरीदी। इंग्लैण्ड आने पर मालूम हुआ उसे ठग लिया गया उसने...
- झूठ जिन्दा रहता है क्या?...? झूठ जिन्दा नहीं रहता। झूठ अगर जिन्दा रहता, तो चोर और उचक्के और उठाईगीर अब तक करोड़पति हो गए होते। लेक...
- झूठ नहीं है, तो घड़े में से बच्चा पैदा करके दिखा दीजिए?...? पहले तू खून निकाल, फिर हम अभी बच्चा पैदा करके दिखाते हैं। रामायण में तो यही कहानी है। रामायण झूठ नही...
- झोली में भीख डालें बेटे की तो जब बेटा हो जाएगा बड़ा तो?...? बुढ़ापे में ऐसा लगाएगा जूते कि आनन्द आ जाएगा और सारी जो कमाई है, वह बुढ़ापे की सारी ले जाएगा। आज के ...
- झोली में भीख डालें बेटे की, तो जब बेटा बड़ा हो जाएगा तो?...? बुढ़ापे में ऐसा लगाएगा जूते कि आनन्द आ जाएगा और सारी जो कमाई है, वह बुढ़ापे की सारी ले जाएगा। आज के ...
- झोले में क्या निकला था?...? झोले में निकली थी डायरी। डायरी में क्या था? उसमें थे लाटरी के नम्बर। इसमें से गुजरात लॉटरी के दो...
- टट्टियाँ हो जाएँ तो क्या?...? उल्टियाँ हो जाएँ तो क्या? पर खाने से बाज न आने वाले थे वे। जबान के दो विषय मित्रो हमारी जबान के दो व...
- टट्टियाँ हो जाएँ तो क्या?...? उल्टियाँ हो जाएँ तो क्या? पर खाने से बाज न आने वाले थे वे। जबान के दो विषय मित्रो हमारी जबान के दो व...
- टाँगों की जरूरत क्या है?...? लाठी से हम चढ़ लेंगे। नहीं बेटे, टाँगें होनी चाहिए। तप और त्याग के बिना कैसा अध्यात्म? मित्रो...
- टाइमपास करते रहेंगे?...? नहीं, टाइमपास मत कीजिए, चिन्ह-पूजा मत कीजिए। अपने सारे-के चिन्तन को आमूल-चूल परिवर्तन करने की कोशिश ...
- टाई क्या है?...? टाई ईसाइयों का यज्ञोपवीत हैं। ''क्रूस'' जिसमें ईसा मसीह को फाँसी लगाई गई थी। टाई उस फाँसी का प्रतीक ...
- टाई क्या है?...? टाई ईसाइयों का यज्ञोपवीत है। ‘क्रूस’ जिसमें ईसा मसीह को फाँसी लगाई गई थी। टाई उस फाँसी का प्रतीक है।...
- टाटा की स्टील फैक्टरी में आप गए हैं कभी?...? एक तरफ वहाँ लोहे को गलाया जाता है तथा दूसरी तरफ ढलाई होती है। इस तरह फरनेस (भट्टी) का काम होता है। आ...
- टिकट है कि नहीं?...? टिकट तो नहीं है। फिर तो जाइए। अरे! घुस जाने दो। घुस जाने दें। मालिक को पता पड़ गया, तो नौकरी से निकाल...
- टिकाऊ चीज क्या होती है?...? जो चीज भीतर से निकलती है, उसका नाम है—'शान्ति'। शान्ति का ही दूसरा नाम सन्तोष है। शान्ति के बारे में जो ...
- टिकाऊ चीज क्या होती है?...? जो चीज भीतर से निकलती है, उसका नाम है-'शान्ति'। शान्ति का ही दूसरा नाम सन्तोष है। शान्ति के बारे में जो ...
- टिटहरी क्या कर रही थी?...? समुद्र टिटहरी का अण्डा बहा ले गया था। टिटहरी ने अपनी चोंच में बालू भरकर उसमें डालना शुरू कर दिया। ...
- टिप में क्या देंगे?...? लड्डू। चल, धूर्त कहीं का, हनुमान जी को हनुमान जी को लड्डू देना चाहता है। हनुमान जी को लड्डू खिलाये...
- टिशूज कैसे होते हैं?...? सैल कैसे होते हैं? अमुक चीज कैसी होती है? विना इस जानकारी के आप ऐसे ही करेंगे आपरेशन, पेट को चीर डाल...
- टिशूज कैसे होते हैं?...? सैल कैसे होते हैं? अमुक चीज कैसी होती है? बिना इस जानकारी के आप ऐसे ही करेंगे आपरेशन, पेट को चीर डाल...
- टीले पर, चट्टानों के ऊपर पानी बरसेगा तो हरियाली कैसे पैदा हो जाएगी?...? बादल अपने आप में एक इकाई है, लेकिन समग्र नहीं है, जिसको ग्रहण करना है, धारण करना है उसकी अपनी स्थिति...
- टूटे हुए मनोबल का व्यक्ति किस प्रकार कोई उच्चस्तरीय साहस कर सकेगा?...? उसके ऊँचे उठने, आगे बढ़ने का सुयोग कैसे बनेगा?मनुष्य-मनुष्य के बीच छाया हुआ छद्म, अविश्वास, असहयोग, ...
- टेंपर किस तरह रखा जाता है?...? इसी तरह गरम करके रखा जाता है। ज्यादा गरमी दी, बस, वह टेंपर हो जाता है। लोहा मजबूत हो जाता है और धार ...
- टेंशन किसे कहते हैं?...? जिसमें दिमाग में तनाव रहता है, नींद नहीं आती, गरमी रहती है। आपके घर में स्नेह-सहयोग का वातावरण नहीं ...
- टेंशन क्या होता है?...? तनाव को कहते हैं। तनाव किसे कहते हैं? तनाव उसे कहते हैं कि जब आदमी यह देखता है कि मैं अकेला हूँ। मेर...
- टेरामाइसिन आपने बनाई है कि आपके बाप ने बनाई है?...? नहीं महाराज जी! हमारे बाप ने नहीं बनाई। फिर किसने बनाई है? लाखों आदमियों ने, जिसके ऊपर कितना परीक्षण...
- टेलीफोन देखा था?...? रेल देखी थीं? सड़कें देखी थीं? पैदल चला करते थे पगडण्डियों पर बेचारे। और, और गरीबी में दिन काटते थे। ...
- टॉनिक सेवन का क्या मतलब है?...? टॉनिक-सेवन का मतलब है कि जिन विचारों से जिन विचारों से विचारों का अभाव रहा हो, उन विचारों को फिर से ...
- टॉनिक सेवन से क्या मतलब है?...? टॉनिक सेवन से मतलब ये है कि जिन विचारों का अब तक आपको अभाव रहा है, उन विचारों को फिर से सेवन करना शु...
- टॉनिक सेवन से क्या मतलब हैं?...? टॉनिक सेवन से मतलब है कि जिन विचारों का आप में अभाव रहा है, उन विचारों को फिर से सेवन करना शुरू कीजि...
- टॉफी और गुब्बारा लेकर के आप प्रसन्न होना चाहते हैं?...? नहीं, बेटे! हमारा कोई विश्वास नहीं है। हमारा विश्वास है कि अब आप समर्थ हैं। दाढ़ी-मूँछ वाले हो गए है...
- टॉफी माँगने के लिए क्यों न आए हों?...? लेमन-चूस माँगने के लिए क्यों न आए हों? चुसकी माँगने के लिए क्यों न आए हों? यद्यपि ये सब चीजें बेकार ...
- टॉमस चुपचाप बैठा हुआ था, उसने अपने ग्यारह वर्ष के बेटे से कहा—बेटे तुम हमारे ऊपर विश्वास करते हो?...? हाँ। हम तुम्हें डुबोयेंगे तो नहीं? नहीं, आप कैसे डुबो सकते हैं, आप तो हमारे पिता हैं। तो फिर हमारे क...
- ठंडक में हवन कराया था या गरमी में कराया था?...? गुरुजी! ठंडक में कराया था। अच्छा तो एक फायदा यह हो गया कि जाड़े के मारे जो लोग काँप रहे होंगे, वे हा...
- ठंडी में नहा रहे हैं, तो तमाशबीन कैसे हो सकते हैं?...? शंकर जी बोले—चलिए तुम्हें दिखाऊँ।
मित्रो! दोनों ने अपना रूप बदल लिया। पार्वती जी ने बहुत ही सुंद...
- ठंढक में मर जाएँगे?...? हाँ, हम मर जाएँगे, लेकिन हमको कैद में रहना मंजूर नहीं है।
बन्धन लाते हैं दुःख
कैद में...
- ठंढक में हवन कराया था या गरमी में कराया था?...? गुरुजी! ठंढक में कराया था। अच्छा तो एक फायदा यह हो गया कि जाड़े के मारे जो लोग काँप रहे होंगे, वे हा...
- ठगने वाला अधिक घाटे में कैसे रहता है?...? (८) सिद्ध कीजिये ‘‘दूसरों को धोखा देना अपने आपको धोखा देना है।’’ ९. बहादुरी कहाँ से प्रारम्भ होती है...
- ठण्डी आग क्या है?...? ठण्डी आग है—बच्चों का अन्धाधुन्ध पैदा होना, सेक्स के ऊपर नियंत्रण का अभाव। आदमी बच्चे पैदा करता ही चल...
- ठहरने की अच्छी व्यवस्था यहाँ कहाँ थी?...? पानी की व्यवस्था यहाँ कहाँ थी? भोजन की व्यवस्था भी हम ढंग से नहीं कर सके, परन्तु एक चीज हमारे पास ...
- ठाकुर कैसे करेंगे?...? कायस्थ कैसे करेंगे? धत्त तेरे की- मैंने कहा कि मेरा किया मेरे लिए ही उल्टा पड़ गया। मैंने किताब क...
- ठीक है, आप विद्वान हैं, तो बहुत अच्छी बात है, लेकिन आपके साथ में लोकशक्ति है कि नहीं?...? आप जनता के पास जाइए, और लोकशक्ति बढ़ाइए। लोकशक्ति को जगाए बिना राम का उद्धार नहीं हो सका, कृष्ण का ...
- ठीक इसी कसौटी पर, हर प्रसंग में, हर क्षेत्र में कसकर यह जानना चाहिए कि अपनी ईमानदारी खरी है या खोटी?...? ईमानदारी ही धर्म है। उसी को भक्ति, ज्ञान, अध्यात्म, साधना, तपश्चर्या का सार तत्त्व समझना चाहिए। इसके...
- ठीक इसी तरह किनारे पर बैठकर गायत्री का भजन करेंगे तो उससे क्या मिलेगा?...? यह तो किनारे बैठकर किनारे का भजन है। अरे डुबकी मार करके गायत्री के भजन की वास्तविक स्थिति ढूँढ़कर के ...
- ठीक इसी तरीके से किसी महिला से, किसी लड़की से, किसी सम्बन्धी से आप मोहब्बत करते हैं, तो आपको निरन्तर एक ही विचार करना चाहिए कि उसका व्यक्तित्व और स्तर ऊँचा उठाने के लिए हम क्या कर सकते हैं?...? उसको प्रसन्न करने के लिए नहीं। आदमियों को प्रसन्न करने की बात मत सोचिए। आदमी बड़े बदमाश हैं। उनको प...
- ठीक इसी प्रकार का यह भी प्रश्न है कि जो उपलब्ध था उसे किसने किस प्रकार, किन प्रयोजनों में खरच किया?...? साधनों को कमाने, रखने और खरचने के लिए एक विशेष प्रकार की सूझ-बूझ चाहिए। उसे प्रखरता कहते हैं। सूझ-बू...
- ठीक इसी प्रकार से कल्पवृक्ष यानि भगवान के नीचे आदमी बैठ जाए तब?...? तब उसकी वह कामनाएँ, जिनकी वजह से वह हमेशा हैरान बना रहता है, उन हैरानियों से छुट्टी पा सकता है और आद...
- ठीक नहीं करेंगे, तो फिर बात कैसे बनेगी?...? भगवान को अपने घर में बुलाने का मन है, तो आप सफाई नहीं करेंगे क्या? शादी जब घर में होती है, तो घर की ...
- ठीक बात है—भगवान बुद्ध ने जवाब देते हुए शिष्यों से कहा—इनसान के भीतर सुराख हो जाए, उसमें पानी भरने लगेगा और वो डूब जाएगा और सुराख न हो, तब?...? तब न पानी भरेगा और न वह डूबेगा। एक ये उदाहरण भगवान बुद्ध ने अपने शिष्यों को दिया। एक और भी दिया उन्ह...
- ठीक समय पर अगर किसी ठीक काम के लिए अपने बच्चे तक देने पड़ें तो हर्ज की क्या बात है?...? ऐसा राजा दशरथ ने गुरु वशिष्ठ की आज्ञा से किया, फिर गुरु निहाल हो गये, दशरथ जी निहाल हो गये, विश्वामि...
- ठीक साल भर बाद इस मिट्टी में पसीना मिलाने के बाद में क्या करता है?...? फसल पैदा होती है। अनाज पैदा होता है और मालदार हो जाता है।...
- ठीक है कि प्रजा के हित का ध्यान रखना चाहिए प्रजा का कहना मानना चाहिए लेकिन सीताजी के साथ क्यों अन्याय करना चाहिए?...? यह एकांगी जीवन है। एकांगी जीवन में राम ने मर्यादाओं का पालन किया। पूर्णपुरुष श्रीकृष्ण कृष्ण? कृष्...
- ठीक है कि प्रजा के हित का ध्यान रखना चाहिए, प्रजा का कहना मानना चाहिए, लेकिन सीताजी के साथ क्यों अन्याय करना चाहिए?...? यह एकांगी जीवन है। एकांगी जीवन में राम ने मर्यादाओं का पालन किया।
पूर्णपुरुष श्रीकृष्ण
...
- ठीक है किसी ने जप कर लिया और किसी ने हवन कर लिया तो इससे हमें क्या मिला?...? बात आपकी भी सही है। तो हम आपकी बात का आपके ढंग से भी जवाब देने के लिए तैयार हैं। साहब! क्या जवाब है?...
- ठीक है तो क्या बुरे आदमी को मार दे?...? बुरे आदमी इस दुनिया में इसलिए नहीं हैं कि आप उनसे घृणा करें। हाँ, बुराइयों के प्रति आप घृणा कीजिए और...
- ठीक है तो हम भी जनता पार्टी से है?...? आप भी जनता और हम भी जनता। हाँ, ठीक बात है अब कौन से आ गए? किसको वोट देंगे? आपकी पार्टी को देंगे। आपक...
- ठीक है हम हैं दूसरे और लोग हैं ये तो कोई मशीन घुमा देते होंगे, ताकत कहाँ से आई इतनी?...? हवाई जहाज तो करोड़ों रुपये का आता है। ये करोड़ों रुपये का हवाई जहाज पैदा करने की शक्ति किसी और में ह...
- ठीक है, आप लोगों को ऐसे ही मुझे बहकाना पड़ता है, क्योंकि आप लोगों को पाँच-छह वर्ष में कैसे बहू लाकर के दे दूँगा?...? नहीं साहब! हमारा तो विवाह करा दीजिए, भैया का विवाह हो गया है, हमारा विवाह नहीं हुआ है। बेटे! अभी तू ...
- ठीक है, आप लोगों को ऐसे ही मुझे बहकाना पड़ता है, क्योंकि आप लोगों को पाँच- छह वर्ष में कैसे बहू लाकर के दे दूँगा?...? नहीं साहब! हमारा तो विवाह करा दीजिए, भैया का विवाह हो गया है, हमारा विवाह नहीं हुआ है। बेटे! अभी तू ...
- ठीक है, आपको कौन रोकता है?...? आप भी डुबकी मारिए और मोती ले जाइए।
नहीं साहब! हम डुबकी नहीं मारना चाहते। हम दूसरा तरीका अख्तियार...
- ठीक है, आपको ये जानना चाहिए, पर साथ ही यह भी जानना चाहिए कि इनको बनाने वाली क्षमता कौन थी?...? वह थी इनकी माँ। जिन्होंने तीनों बच्चों को बाल-ब्रह्मचारी बना दिया, ऋषि और तपस्वी बना दिया। चारों वेद...
- ठीक है, आपने दोनों तारों को क्यों नहीं मिला दिया?...? आप उसकी फिलॉसफी को भी समझिए, उसकी शिक्षा और प्रेरणा को भी समझिए। जीवन में हमारे किस तरह से उसके आदर्...
- ठीक है, परिणाम नहीं मिला तो हम क्या कर सकते हैं?...? बहुत सी बातें परिस्थितियों पर निर्भर रहती है। परिस्थितियाँ हमारे अनुकूल नहीं रहीं तो हम क्या कर सकते...
- ठीक है, परिणाम नहीं मिला तो हम क्या कर सकते हैं?...? बहुत-सी बातें परिस्थितियों पर निर्भर रहती हैं। परिस्थितियाँ हमारे अनुकूल नहीं रहीं तो हम क्या कर सकत...
- ठीक है, बनाना, लेकिन आप क्या काम करते हैं?...? प्राइमरी स्कूल के मास्टर हैं। क्या तन्ख्वाह मिलती है? ढाई सौ रुपये महीने मिलती है। अच्छा! लड़की को ...
- ठीक है, मर्जी हो तो करना चाहिए आपको; लेकिन आपने जीवन-साधना की है कि नहीं?...? महत्त्वपूर्ण बात यह है। उपासना तभी फलती है। आपने उपासना जीवन भर की है; पर साधना के बिना वह बेकार है।...
- ठीक हैं, बच्चे बगल में सोते हों तो क्या और कोई सोता हो तो क्या, परन्तु नींद तो आपको अकेले ही को आएगी न, दो को तो एक साथ नहीं आ सकती?...? आप सुबह उठेंगे, तो अकेले उठेंगे न, दो तो एक साथ नहीं उठ सकते? यह आपका एकान्त जीवन है। सायंकाल को सोते...
- ठीक है—गालियाँ खाता रहा, तो क्या हुआ?...? अपने फटे-टूटे झोंपड़े में रहता रहा, तो क्या? और इस तरह सादाजीवन उच्चविचार के तरीके से अपना जीवन व्यती...
- ठोकने बजाने वाली प्रक्रिया न जाने क्यों लोगों ने भुला दी?...? न जाने, क्यों इसकी आवश्यकता नहीं समझी? न जाने क्यों उपेक्षा करने लगे कि हमारा व्यक्तित्व गन्दा बना र...
- डकैतियाँ आप नहीं पढ़ते?...? बलात्कार आप नहीं पढ़ते? हत्याएँ आप नहीं पढ़ते? और इन्सान का एक-दूसरे इन्सान के तईं जो व्यवहार है उसको ...
- डकैती में फायदा कराना ये कौन हैं?...? नास्तिक हैं। नास्तिक कैसे? क्योंकि इन्हें धर्म के ऊपर, ईमान के ऊपर, सिद्धान्तों के ऊपर विश्वास न...
- डकैती से हम फायदा उठा लें?...? नहीं, आप नहीं कर सकते, क्योंकि डकैत के भीतर एक गुण होता है और सारे-का फायदा उसी के आधार पर वह उठाता ...
- डण्डे से करेंगे?...? डण्डे से नहीं करेंगे, जबान से करेंगे, विचारों से करेंगे।
नशाखोरी से लेकर अन्यान्य जो दुष्प्रवृत्तिय...
- डबलरोटी आपने देखी है ना?...? टोस्ट जो होते हैं, खाए जाते हैं। जरा बताना, वो कैसे खाए जाते हैं? डबलरोटी के टोस्ट होते हैं। पहल...
- डाइमंड क्या है?...? डाइमंड और कोयले में कोई खास फरक नहीं है। एकाध इसके एलीमेंट्स और एकाध इसके भीतर के जो जर्रे हैं, उनमे...
- डाइमण्ड क्या है?...? डाइमण्ड और कोयले में कोई खास फर्क नहीं है। एकाध इसके एलीमेंट्स और एकाध इसके भीतर के जो जर्रे हैं, उन...
- डाकू और साधारण आदमी में क्या फरक होता है?...? दोनों में केवल यही फरक होता है कि एक में बहुत हिम्मत होती है। हिम्मत की कीमत पर एक-दो डाकू ही सारे क...
- डाकू कभी मालदार हुए हैं?...? इनको ढेरों रुपयों की आमदनी हुई है, पर ये कभी मालदार नहीं हुए। मालदार होने के लिए कर्मयोगी होने के ...
- डाकू, हत्यारे, कसाई नित्य मार-धाड़ मचाए रहते हैं और कितनों का प्राण हरण करते हैं, उन्हें बहादुर होने का श्रेय कहाँ, कब किसने दिया है?...? बहादुरी का प्राचीनतम और अर्वाचीन अर्थ एक ही है—ऐसे पराक्रम कर गुजरना, जिससे अपनी महानता उभरती है, और...
- डाक्टर साहब से पूछिए कि ऑक्सीजन का सिलेंडर कितने का मँगाया था?...? छह सौ पचास रुपए का। एक आदमी के लिए कब तक एक सिलेंडर चल सकता है? अगर एक आदमी सारे दिन लगाए रखे तो दो-...
- डायनामाइट किसे कहते हैं?...? बेटे! डायनामाइट उसे कहते हैं, जिससे छोटे-छोटे कारतूस बना दिए जाते हैं और पहाड़ों के नीचे उन्हें लगा ...
- डायमंड की नोक न हो तो?...? लोहे की लगा दें तब? तब बेटे! वह मुड़ जाएगी। चट्टान में सूराख हो जाएगा? नहीं बेटे! नहीं होगा। लोहे की...
- डायमण्ड क्या है?...? डायमंड और कोयले में कोई खास फर्क नहीं है। एकाध इसके एलीमेंट्स और एकाध इसके भीतर के जो जर्रे है, उनमे...
- डायरी में क्या था?...? उसमें थे लाटरी के नम्बर। इसमें से गुजरात लॉटरी के दो लाख तीन हजार छः सौ उन्नीस रुपये, यू.पी. लॉटरी...
- डायोजिनीज हँसकर बोले-भाई मेरा नौकर मेरे बिना रहता है और मैं उसके बिना न रह पाऊँ यह शर्म की बात है न?...? मुझे दासानुदास बनना स्वीकार नहीं। (५) शैतान का संन्यास लेना सबको आश्चर्यजनक लग रहा था उधर शैतान जी अ...
- डाह की, ईर्ष्या की, प्रतिशोध की, घृणा की—इन सारी चीजों को आप बनाए रखेंगे तो फिर आप कैसे जिएँगे, बताइए न?...? तब फिर आप बाहर से भी पिसेंगे और भीतर से भी पिसेंगे। तो फिर आप मरेंगे कि नहीं? आप ऐसा मत कीजिए।
...
- डिस्टिल्ड वाटर अर्थात वह आदमी जो भगवान का भक्त कहला सकता है और गन्दा पानी कौन?...? वह आदमी, जो दोहाई तो भक्ति की देता है। भक्ति के कर्मकाण्ड करता है, जिसे मैं नखरे कहता हूँ। ऐसा आदमी ...
- डिस्टिल्ड वाटर का उपयोग आप जानते हैं?...? लाइए डॉक्टर साहब! एक कुनैन मिक्सचर का इंजेक्शन लगाइए। अच्छा पानी लाइए। अरे! इस पानी से थोड़े ही लगेग...
- डिस्टिल्ड वाटर का उपयोग आप जानते हैं?...? लाइए डॉक्टर साहब! एक कुनैन मिक्सचर का इंजेक्शन लगाइए। अच्छा पानी लाइए। अरे! इस पानी से थोड़े ही लगेगा...
- डिस्टिल्ड वाटर किसे कहते हैं?...? बेटे! उसे कहते हैं, जो भाप के द्वारा उड़ाया हुआ है। डिस्टिल्ड वाटर अर्थात वह आदमी, जो भगवान का भक्त ...
- डिस्टिल्ड वाटर किसे कहते हैं?...? बेटे! उसे कहते हैं, जो भाप के द्वारा उड़ाया हुआ है। डिस्टिल्ड वाटर अर्थात वह आदमी जो भगवान का भक्त कह...
- डीशेन कौन था?...? डीशेन बेटे! एक दक्षिण की कंपनी है। वह एक पदार्थ ले लेती है और इतना पीसती है कि उसे अत्यन्त सूक्ष्म बन...
- डूबने वाले के साथ कौन अपनी कीमती सहायता डुबोना पसन्द करेगा?...? ऐसे लोगों को हर दिशा में असहयोग ही मिलता है। यद्यपि इस संसार में उदार सहायता की कोई कमी नहीं है।अपने...
- डेढ़ लाख रुपये देंगे, तेरी सन्तान पैदा कराएँगे, तब तेरी चिन्ता दूर होगी, तब तेरा उत्साह बढ़ेगा और तब तू हमारी शाखा चलाएगा?...? बेटे ! डेढ़ लाख रुपये में तो हम सौ-सौ रुपये महीने के तेरे जैसे हजार आदमी नौकर रखेंगे और काम करा लेंग...
- डेमन कौन सा होता है?...? डेमन कहते हैं भगवान को। आपके डेमन का क्या नाम है? अपने गुरु को हम डेमन कहते हैं। गुरु क्या होता है? ...
- डेमॅन कौन-सा होता है?...? डेमॅन कहते हैं भगवान को। आपके डेमॅन का क्या नाम है? अपने गुरु को हम डेमॅन कहते हैं। गुरु क्या होता ह...
- डेढ़ घण्टे में हम जितना बोलते हैं, उसे लिखना शुरू करिये, कितना समय लगेगा?...? जो हमने बोला है, उसे एक आदमी तीन दिन में लिखेगा। बोलने में व्यास जी फटाफट बोलते चले जाते थे और गणे...
- डेढ़ चावल की खिचड़ी अलग से पकाते तो हैं, पर उसमें क्या किसी का पेट भरता है?...? ढिंढोरा भर पिट जाता है। जिन्हें अपना ढिंढोरा पिटवाना ही अभीष्ट हो, वे चित्र-विचित्र योजनाएँ बनाते और...
- डॉक्टर कहते हैं कि इसको मिठाई नहीं देनी चाहिए?...? इसका पेट खराब हो जाएगा और भी कोई दिक्कत खड़ी हो सकती है, पर यह मानता ही नहीं है। महात्मन्! इसको कोई ...
- डॉक्टर कैसे करेगा?...? अच्छा हमारे साथ चल, हम तुझे दिखायेंगे। वह फट से पेट फाड़ डालता है और सड़े-गले भाग को निकाल लेता है। सब...
- डॉक्टर बुद्धि, मैंने भी उनका पता नोट किया कि देखें आखिर होता क्या है?...? सन् 1982 से 1991 तक वे बिलकुल स्वस्थ रहे। कैंसर का कहीं अता-पता भी नहीं था। सूर्य की ओर देखकर समाध...
- डॉक्टर बुद्धि, मैंने भी उनका पता नोट किया कि देखें आखिर होता क्या है?...? सन् 1982 से 1991 तक वे बिल्कुल स्वस्थ रहे। कैंसर का कहीं अता-पता भी नहीं था।सूर्य की ओर देखकर समाधान...
- डॉक्टर साहब ने पूछा-‘‘पहले वाले दाँतो को सम्भालकर क्यों नहीं रखा?...? मरीज ने कहा-‘‘पहले वाले दाँत मुफ्त के थे, उनका पैसा नहीं लगा था।’’ हमें अपने शरीर के किसी भाग को मुफ...
- डॉक्टर साहब से पूछिए कि ऑक्सीजन का सिलेंडर कितने का मँगाया था?...? छह सौ पचास रुपये का। एक आदमी के लिए कब तक एक सिलेंडर चल सकता है? अगर एक आदमी सारे दिन लगाए रखे तो दो...
- डॉक्टरों ने लम्बी फेहरिस्त लाकर मेरे सामने रख दी और कहा कि बताइए इसमें कहाँ है स्टार्च और कहाँ है प्रोटीन, जो आप खाते हैं?...? आप बेअकल आदमी हैं, हरएक ने मुझसे बेअकल कहा, लेकिन मेरे गुरु ने कहा कि यही रास्ता सही है। मित्रो ! मै...
- डोरिस ने लिली को हृदय से लगाकर कहा-लिली जब तक हमारे हृदय में प्रेम है किसी और उपहार की चिन्ता क्यों करें?...? वे गरीबी में भी प्रेम का सुख पाते हुए जिये। (१०) दिल्ली के युवक दम्पत्ति भरतकुमार एम. काम. और सुधा ब...
- ड्यूटी सौंपने वाली कौन है?...? इस सन्दर्भ में थियोसोफिकल सोसायटी के विद्वानों का मानना है कि ऋषि तंत्र कुछ भी करने में समर्थ होता है...
- ढकोसला कैसे होता है?...? अरे! आपने ढकोसला ही नहीं देखा। ढकोसला देखेंगे, तो आप अचम्भे में रह जाएँगे। भगवान का ढकोसला देखना हो त...
- ढाई रुपये की और ये हीटर कितने रुपये में आता है?...? मित्रो! आसमान से लाइट बरसती है, रोशनी बरसती है, ऑक्सीजन बरसती है, जीवन बरसता है, प्राण बरसता है, सौं...
- ढाई सौ ग्राम रुई में से इतना बड़ा लिहाफ कैसे तैयार हो गया?...? बेटे, इसको धुना गया था। छोटे से आदमी होकर, ढाई सौ ग्राम के आदमी होकर हमने अपने आपको ढाई किलो ग्राम...
- ढेरों-के-ढेरों लिखा है, आपने पढ़ा नहीं है?...? आपने ढेरों पढ़ा है, पर आप पढ़ें चाहे मत पढ़ें, अब आप हमको सुने चाहे मत सुनें। अब आप हमको देखें चाहे मत ...
- तंबाकू का सेवन अप्राकृतिक है?...? कथाएँ —— (१) एक महात्मा ने जागीरदार को शराब न पीने का उपदेश दिया। जागीरदार बोला-शराब पीता हूँ किसी...
- तक्षशिला और नालन्दा विश्वविद्यालय जैसी महान् संस्थापना और संचालन सिद्धार्थ नाम का एक व्यक्ति ही कर सकता था?...? यदि हाँ तो वैसा उदाहरण प्रस्तुत करके दिखा देने के लिए और कोई आगे क्यों नहीं आता?एक बन्दर द्वारा समुद...
- तथा इनके लाभ प्राप्त करने की क्षमता किसमें है?...? (३) गायत्री महामन्त्र की उपासना करके मनुष्य क्या लाभ प्राप्त कर सकता है? (४) गायत्री की प्रतिमा माता...
- तथा इसका तात्पर्य क्या है?...? (८) नर से नारायण, पुरुष से पुरुषोत्तम, लघु से महान और आत्मा से परमात्मा किस तरह बन सकता है? (९) उपनय...
- तथा इससे क्या हानियाँ हैं?...? (३) पर्दा प्रथा कहाँ से प्रारम्भ हुई? तथा उसके प्रचलित होने के कारण क्या हैं? (४) अपने यहाँ पर्दा प्...
- तथा इससे क्या हानियाँ होती हैं?...? (५) क्या आवेशित व्यक्ति अपने स्वतः को भी पहुँचाता है? यरि हाँ तो किस तरह? (६) हमें अपना स्वभाव सन्तु...
- तथा उनसे निपटने का क्या रास्ता है?...? (८) विद्वानों की पंक्ति में किस तरह बैठा जा सकता है? (१०) हमें अपना महत्त्व ज्ञात करने के लिए क्या क...
- तथा उसके प्रचलित होने के कारण क्या हैं?...? (४) अपने यहाँ पर्दा प्रथा प्रचलन के कारणों पर प्रकाश डालिये? (५) नासमझ वर्ग के लोगों के दिमाग में क्...
- तथा उससे क्या हानियाँ होती हैं?...? (२) मस्तिष्क को बुखार आ गया ऐसा हम कब कह सकते हैं।...
- तथा हमारी मनः-स्थिति उस समय किस तरह की होनी चाहिए?...? (७) एक बार भोजन करने के बाद फिर भोजन कब और कैसे करना चाहिए? (८) भोजन किस तरह से किया जाना चाहिए? (९...
- तथा ‘माया’ के चंगुल में फँसा व्यक्ति किस प्रकार व्यतीत करता है?...? (५) जीवन मिला है तो उसका लाभ किस प्रकार लेना चाहिए? (६) जन्म दिन से बढ़कर और कोई त्यौहार व्यक्तिगत जी...
- तथ्य के सम्मुख विडम्बना का आग्रह कब तक चले?...? जो अपनी मौत आप मर रहा हो, उसके अनौचित्य के सन्दर्भ में बहुत चिन्ता करने की आवश्यकता नहीं, आवश्यकता इ...
- तनाव किसे कहते हैं?...? तनाव उसे कहते हैं कि जब आदमी यह देखता है कि मैं अकेला हूँ। मेरा कोई नहीं और मैं किसी का नहीं हूँ। अप...
- तनिक कड़ा रहने के कारण उसे चबाने में मेहनत करनी पड़े तो वह बड़े आदमियों और नाजुक मिज़ाज वालों को बर्दाश्त कैसे हो?...? दालें छिलका उतारकर पकाई जाती हैं। कोमल फलों तक के छिलके उतारे जाते हैं। केला, आम, नारियल जैसों की बा...
- तनेजा जी से पूछा, ‘‘कैसी है हमारी बेटी, सब ठीक है न?...? ’’
डॉ. तनेजा ने कहा कि सब कुछ ठीक है और डॉ. प्रणव जी की ओर मुखातिब होकर बोले, ‘‘आप कैसे कह रहे हैं...
- तप करना चाहिए?...? हाँ, तप कर सकते हैं। तप कैसे कर सकते हैं। तप करने का मतलब ब्लैकमेलिंग नहीं है। जैसा आप समझते हैं क...
- तप करने से आपका मतलब यही था?...? हाँ साहब! यही था। मित्रो! तप करने का यह मतलब नहीं हो सकता। तप करने से मतलब वह मशक्कत है, वह मेहनत ...
- तप करने से क्या हुआ?...? तप करने से बेटे! उन्होंने हिन्दुस्तान के सारे वातावरण को इतना गरम कर दिया कि उस गरमी में से ढेरों के ...
- तप करने से क्या हुआ?...? तप करने से बेटे उन्होंने हिन्दुस्तान के सारे वातावरण को इतना गरम कर दिया कि उस गरमी में से ढेरों के ढ...
- तप करने से भगवान को क्या मिलता है?...? इससे भगवान प्रसन्न नहीं हो जाता। केवल होता यह है कि तप करने से हमारी गन्दी आदतें छूटती हैं। बस, जितनी...
- तप कहाँ होता है?...? तप के लिए एकान्त चाहिए। पांडिचेरी के अरविंद घोष तप के लिए एकान्त में चले गये। मालूम है न आपको। उनके ...
- तप किया था?...? कोई तप नहीं किया था। ध्यान करते थे? कोई ध्यान नहीं करते थे। तो शक्ति कहाँ से आती थी? शक्ति, बेटे! रा...
- तप किये थे?...? ध्यान-धारणा की थी? सुग्रीव जी ले आये थे, कुछ नहीं की थी। बन्दर थे खाली तब। जब भगवान से मुलाकात हो गय...
- तप किस तरीके से करेंगे?...? तप उसी तरीके से करेंगे जैसे कि प्रत्येक तपस्वी को करना पड़ा। आपको भी वैसा ही करना चाहिए। मुसीबतों क...
- तप किसको कहते हैं?...? तप कहते हैं अपने भीतर एक अन्तर्द्वद्व खड़ा कर और अपने भीतर जद्दोजहद करने के लिए लड़ाई खड़ी कर। अपनी प...
- तप किसे कहते हैं?...? बेटे! तप किसी खास बात को नहीं कहते। तप रोकने का नाम है। हमारी शक्तियों की जो बरबादी होती रहती है, उस...
- तप किसे कहते हैं?...? बेटे ! तप उसे कहते हैं कि कुछ मुसीबतें तो हमारे भाग्यवश आती हैं, परिस्थितिवश आती हैं। कुछ मुसीबतें ऐ...
- तप किसे कहते हैं?...? तप कहते हैं गरम करने को। हमको अपने आप को गरम करना पड़ता है। सुविधा का जीवन, सुख का जीवन, चैन का जीवन...
- तप किसे कहते हैं?...? जीवन के संशोधन का नाम है तप, जो कल मैं आपको बता चुका हूँ।
घुला देना अर्थात योग
साथिय...
- तप किसे कहते हैं?...? चलिए हमें इसे आपको समझाना चाहिए और यह समझाना चाहिए कि क्रिया, जो शरीर से सम्बन्धित की जाती है, यहाँ ...
- तप किसे कहते हैं?...? जीवन के संशोधन का नाम है तप, जो कल मैं आपको बता चुका हूँ। घुला देना अर्थात योग साथियो! कल मैं क्या क...
- तप की और कहानियाँ सुनाऊँ आपको?...? इतिहास में शुरू से लेकर आज तक जितने भी महान कार्य हुए हैं, चाहे वे भौतिक कार्य हों, चाहे आध्यात्मिक ...
- तप की महिमा मैं कहाँ तक बताऊँ?...? पुराणों का सारा साहित्य तप की महिमा से भरा पड़ा है। भगीरथ की तपगाथा आपको मालूम है न? नहीं, महाराज जी...
- तप की शक्ति आपको हम देंगे और आप क्या काम करेंगे?...? आप लड़ाई लड़ना शुरू करें। लड़ाने-लड़ने के लिए जिस तप और बाहुबल की जरूरत है, उसके लिए हम और आप आपस मे...
- तप के लिए क्या करना पड़ेगा?...? तप के बारे में मैं क्रियाओं का जिक्र नहीं करना चाहता हूँ। पानी मत पीजिए, यह चीज मत खाइए, यह चीज खा ल...
- तप क्या चक्कर है?...? तप से अपनी वृत्तियों को सुधारने का प्रयास करते हैं। शरीर क्या कहता है? हम तो आराम से सोयेंगे। सरदी-ग...
- तप क्या हो सकता है?...? तीन धारायें क्या हो सकती हैं? गायत्री का स्वरूप क्या हो सकता है? यहाँ इतना तो समय नहीं है कि मैं स...
- तप क्या हो सकता है?...? तप कई तरह का हो सकता है। मन का तप—एक, इंद्रियों का तप—दो, समय का तप—तीन और चौथा वाला तप है—धन का तप।...
- तप क्या होता है?...? संयम क्या होता है? और योगाभ्यास क्या होता है? इनसे आपके शरीर और मन पर अर्थात् बहिरंग और अन्तरंग में...
- तप क्या होता है?...? तप उसे कहते हैं—जिसमें कि आदमी कष्ट सहना सीखता है। मुसीबत उठाना सीखता है। भूखा रहना सीखता है। धूप मे...
- तप में क्या काम करना चाहिए?...? तप का आपको प्रतीक बताता हूँ। थोड़ा- थोड़ा कर लीजिए। उसका सिद्धान्त आपको याद रहना चाहिए। सिद्धान्त आप भ...
- तप में क्या काम करना चाहिए?...? तप का आपको प्रतीक बताता हूँ। थोड़ा-थोड़ा कर लीजिये। उसका सिद्धान्त आपको याद रहना चाहिए। सिद्धान्त आप भ...
- तप से क्या मतलब है?...? बेटे! हमने शुरू में बताया था कि जब हम अपने बहिरंग को तपाते हैं, तो जैसे पानी को तपाने से भाप बन जाती...
- तप से क्या मतलब होना चाहिए?...? योग और तप बड़े कठिन शब्द हैं। दो उद्देश्यों को पूरा करने के लिए, हमको जीवात्मा को संस्कारवान बनाने क...
- तप से क्या हो जाता है?...? तप से बेटे, आदमी का व्यक्तित्व परिष्कृत हो जाता है। कैसे परिष्कृत होता है?
आध्यात्मिक जीवन के लिए ...
- तपश्चर्या अगर आदमी कोई न करे, तब शक्तिमान हो जायेगा?...? नहीं। तपश्चर्या जो नहीं कर सकता सामर्थ्यवान नहीं हो सकता, शक्तिशाली नहीं हो सकता। इसीलिए आपको यहाँ इ...
- तपश्चर्या अपनाए बिना किसे विभूतियों और सिद्धियों का वरदान हस्तगत हुआ है?...? पूँजी क्या इसी आधार पर जमा होती है कि लिया अधिक और दिया कम जाए? संसार से हम आए दिन कितना लेते हैं, इ...
- तपश्चर्या आदमी न करे तब?...? शक्तिवान हो जाएगा? नहीं, तपश्चर्या जो नहीं कर सकता, वो सामर्थ्यवान नहीं हो सकता, शक्तिशाली नहीं हो स...
- तपश्चर्या का अर्थ है—निखार देना और योग का अर्थ?...? योग का अर्थ है—किसी के साथ में जोड़ देना, भगवान के साथ जोड़ देना। उपासना इसी का नाम है। हम किसी के साथ...
- तपश्चर्या का क्या पाठ करते थे वे?...? उनके हर परिव्राजक पर खान-पान के सम्बन्ध में, रहन-सहन के सम्बन्ध में, कपड़े पहनने के सम्बन्ध में, उपवास करन...
- तपश्चर्या में कितनी शक्ति भरी पड़ी है?...? इसका वर्णन मैंने अभी आपसे किया। आप चाहें तो इसका अनुभव करके स्वयं भी देख सकते हैं कि तपस्वी कितने सम...
- तपश्चर्या, साधना क्या इसी को कहते हैं?...? योगाभ्यास का सिद्धान्त यही है? मैं आपसे ही पूछता हूँ, जरा बताइए तो सही।आप देवियों को क्या समझते हैं?...
- तपस्वियों के आँसू कैसे होते हैं?...? उनके आँसू में से टपकती है आग—ऐसी आग कि जिसके ऊपर मुसीबत है उसे दूर करने में हमको मदद करनी चाहिए। फिर...
- तपस्वियों में क्या बात होती है?...? बेटे तपस्वी साक्षात् देवता होते हैं। वे स्वयं तो मुसीबत उठा लेते हैं, लेकिन अपने पुण्य की वजह से, तप...
- तपस्वी किसे कहते हैं?...? बेटे, तपस्वी उसे कहते हैं जो अपने व्यक्तिगत जीवन को ठीक कर लेता है उसका दूसरा नाम है ब्राह्मण। ब्राह...
- तपस्वी कौन होते हैं?...? वे होते हैं, जो भूखे रहते हैं और जो पानी पी करके ही रह जाते हैं। जो एकादशी का उपवास करते हैं, जो नमक...
- तपस्वी जीवन जीने के लिए आप कितनी तप-तितिक्षा कर सकते हैं?...? यह निश्चय आपको करना है। आपको यह निश्चय करना है कि इसका स्वरूप कितना बड़ा, छोटा या मध्यम हो सकता है।...
- तपस्वी न हो, तब क्या मंत्र सिद्ध हो जाएगा?...? मंत्र सिद्ध होने के लिए, भगवान् की उपासना करने के लिए आदमी का तपस्वी जीवन आवश्यक है। शृंगी तपस्वी थे...
- तपस्वी न हों तब?...? तब आप कदम-कदम पर असफल होते रहेंगे।तपस्वी का एक अर्थ लड़ने वाला भी होता है, संघर्षशील भी होता है। आपको...
- तपस्वी से क्या मतलब है?...? आदमी को धूप में खड़ा करेंगे? धूप में नहीं खड़ा करेंगे। उसे अपनी हवस और अपनी कामनाओं पर अंकुश लगाना स...
- तपस्वी से क्या मतलब है?...? आदमी को धूप में खड़ा करेंगे? धूप में नहीं खड़ा करेंगे। उसे अपनी हवस और अपनी कामनाओं पर अंकुश लगाना सिख...
- तपस्वी होने से क्या फायदा हुआ है?...? बेटे! तप कहते हैं—गरम करने को। अपने आपको गरम करने का नाम है—तप। गरम करने से हर चीज मजबूत हो जाती ह...
- तपाने से क्या बन जाता है?...? पदार्थ को तपाने से मजबूती भी आ जाती है और क्वालिटी भी अच्छी होती है। लोहे का उदाहरण मैंने पहले ही आप...
- तपाने से क्या हो सकता है?...? चलिए हकीम जी से पूछिए। क्यों साहब ! यह क्या बना रहे हैं? सीप की भस्म बना रहे हैं। प्रवाल की भस्म बना...
- तपाने से बन सकती है?...? हाँ बेटे, बन सकती है। आपको तपस्वी जीवन की शिक्षा दी जाएगी।
‘योगा’ नहीं योग
साथियो! अ...
- तब उनके पास देखने वाले-दर्शन करने वाले हजारों आदमी आते?...? विष्णु भगवान् के बारे में मैंने आपको बताया है कि वे कहाँ रहते हैं। वे क्षीरसागर में शेषशैया पर सोय...
- तब अधिक प्रखर बौद्ध धर्म को हिन्दू धर्म का एक अविच्छिन्न अंग मानने में किसी को आपत्ति भी क्या हो सकती थी?...?...
- तब आप अमर लोगों की तरह विचार करेंगे और यह सोचेंगे कि अपने उत्थान के साथ-साथ सारे विश्व का उत्थान करने के लिए क्या करना चाहिए और कैसे बनना चाहिए?...? बस, यही है यहाँ की परिस्थितियाँ, जिनसे लाभ उठाना चाहिए। यहाँ के वातावरण का आप लाभ उठाइए। साधना-क्रम ...
- तब आप कितने साल तक जवान रहेंगे?...? हम पचास साल तक जवान रहेंगे और कोशिश करेंगे कि पचास औरतें आ जाएँ। हर साल एक नई आ जाए और दूसरी चली जाए...
- तब आप कितने साल तक जवान रहेंगे?...? हम पचास साल तक जवान रहेंगे और कोशिश करेंगे पचास औरतें आ जाएँ। हर साल एक नई आ जाए और दूसरी चली जाए। ब...
- तब आप क्या करना?...? डरना मत उससे। उसकी गलती नहीं है? आप उसको समझाना कि हम बाबाजी कैसे हैं और हमारे बाबाजी का सम्प्रदाय...
- तब आप क्या कहेंगे?...? चलिए मैं आपको व्यावहारिक भाषा बता सकता हूँ। यह तो कठिन शब्द है, इसलिए कई बार आप जंजाल में फँस जाते ह...
- तब आप क्या किया?...? मन नहीं माना और जहाँ आप नहीं सोचना चाहते थे, जो नहीं करना चाहते थे किया तो आप एक समय का खाना बन्द कर...
- तब आप क्या ख्याल करते हैं, राज्य मिल गया होता?...? उसकी धर्मपत्नी वापस मिल गई होती? उसका बच्चा फिर उसको मिल गया होता? नहीं, एक भी चीज वापस नहीं मिलती, ...
- तब आप प्रकृति को नहीं समझते?...? प्रकृति आपको खाने नहीं देगी। जमा तो कर लीजिए आप; लेकिन खाने नहीं देगी। तब? तब आप उस चीज को इकट्ठा की...
- तब आप बड़े आदमी कैसे बनेंगे?...? ज्यादा सामान होगा, तभी तो बनेंगे न! ज्यादा कपड़े पहनेंगे तभी तो बनेंगे न! तब आप बीस किलो भारी कपड़े पह...
- तब आप मेरे जैसा बच्चा कहाँ से लायेंगी?...? इसलिए आज से मैं आपका बेटा हूँ। बस, यह उसकी दृष्टि थी। उस तप से प्रसन्न होकर के देवताओं ने उसे गाण्डी...
- तब आप रोये थे कि नहीं?...? आपको दुःख हुआ था या नहीं हुआ था? हाँ साहब! बहुत दुःख हुआ था। तो यह बच्चा कौन था? ढाई साल का हमारा बच...
- तब आप समझ सकते हैं कि बच्चे का क्या हाल होगा?...? इसी तरह से अगर कुम्हार के बरतन चुपचाप बैठे न रहें और यह कहें कि साहब हम जाम को आ जाया करेंगे, पर दिन...
- तब आपकी अन्तरात्मा?...? प्यासी रह जाएगी, भूखी रह जाएगी। आपकी आत्मा को आनन्द मिलेगा ही नहीं, जो कि एक देने वाले को मिलता है। ...
- तब आपकी मरजी है, फिर मैं कैसे शक्तिपात करूँगा?...? कुण्डलिनी किसे कहते हैं? बेटे ! कुण्डलिनी विवेकशीलता को कहते हैं, दूरदर्शिता को कहते हैं, आदर्शवादिता ...
- तब आपको किस आधार पर व्यक्ति का निर्माण, समाज का निर्माण, राष्ट्र का निर्माण और आज की उलझी हुई समस्याओं को हल करने के लिए क्या करना होगा?...? इसके लिए एक फार्मूला यह है कि व्यक्ति को अपने अन्तःकरण में प्रवेश करना पड़ेगा। समस्याओं के हल बाहर नह...
- तब आपको क्या करना चाहिए?...? मित्रो! गुरु गोलवलकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अधिष्ठाता ब्रह्मचारी थे। उनके दिमाग में यह ख्याल था ...
- तब आपको भगवान मिल पाएगा?...? भगवान का अनुग्रह आपको मिल जाएगा? मैं सोचता हूँ कि तब भगवान आपको नहीं मिलना चाहिए, क्योंकि आपके अन्दर ...
- तब आपको भगवान मिल पाएगा?...? भगवान का अनुग्रह आपको मिल जाएगा? मैं सोचता हूँ कि तब भगवान आपको नहीं मिलना चाहिए, क्योंकि आपके अन्दर ...
- तब आपको भविष्य में ऐसी विचारधारा के साथ, ऐसे लोगों के साथ, ऐसे लक्ष्य के साथ, ऐसी महान सत्ता के साथ अपने आप को सम्पर्क में रखना है जो आपको महान बनाने में समर्थ है?...? जो आपको सहारा दे सकती है, ऊँचा उठा सकती है, आप उसके सम्पर्क में आइए। इस बीच आप भगवान से सम्पर्क मिलाने...
- तब आपको यहाँ से जाने के बाद में सीधे भगवान के दरबार में जाना पड़ेगा, और सिर्फ एक बात का जवाब देना पड़ेगा - आपने इस जिन्दगी का कैसे इस्तेमाल किया?...? अगर आपने ठीक तरीके से इस्तेमाल नहीं किया है तो भगवान आपसे बेहद नाराज होंगे, भली से आपने अनुष्ठान किए...
- तब इतनी मेहनत-मजदूरी के क्या पैसे मिलते थे?...? 3 आने, 4 आने का मजदूर आया करता था तब 3-4 आने की मजूरी से अपना पेट पाल लिया करता। एक दिन जाट के मन मे...
- तब इतने श्रेष्ठ साहित्य का सृजन कैसे सम्भव हुआ?...? विचार करने पर यही तथ्य स्पष्ट होता है कि हमारे पूर्वज सामूहिक साधना करते थे। तादात्म्य की चरम सीमा म...
- तब इस शरीर की कितनी कीमत उठा पाइएगा?...? आप इस शरीर को बाजार में ले जाइए और कहिए कि यह आचार्य जी का मरा हुआ शरीर बिकाऊ है, खरीद लीजिए। कोई आद...
- तब इस शरीर की कितनी कीमत उठा पाइएगा?...? आप इस शरीर को बाजार में ले जाइए और कहिए कि यह आचार्य जी का मरा हुआ शरीर बिकाऊ है, खरीद लीजिए। कोई आद...
- तब उसके लिए भी तैयार रहिए?...? लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगाह रखा कि यह भी हो सकता है कि उस घर में तुम्हारा सम्मान न हो। तुम...
- तब उसने अपने ग्यारह साल के बच्चे से कहा कि बेटा, तुझे हमारे ऊपर विश्वास है?...? हाँ पिताजी, आप पर मुझे पूरा विश्वास है। तुम हमारी मोहब्बत पर विश्वास करते हो? हाँ पिताजी! हम आपकी मो...
- तब उसने हमको आशीर्वाद नहीं दिया था?...? हाँ, दिया था। हमने कहा था कि हमारी कामना यह है कि हम लंका पर विजय प्राप्त करना चाहते हैं। समुद्र पर ...
- तब एक से एक बढ़िया परामर्श देने वाले, एक-से सहायता देने वाले क्या कर सकते हैं?...? कोई सहायता नहीं कर सकता। किसकी? जिसका दिमाग खराब हो गया है। क्या करेंगे? अपना दिमाग तो सही हो, अपनी ...
- तब काम और बेकाम के दृश्यों का इतना अन्धड़ सामने खड़ा होगा कि बेचारी आँखें हतप्रभ हो जायेंगी और मस्तिष्क के लिए उन दृश्यों को देखकर यह निष्कर्ष निकालना कठिन हो जायेगा कि सामने क्या हो रहा है?...? यही बात कानों के सम्बन्ध में है, हमारे कान एक सीमित स्तर की थोड़ी सी ध्वनियाँ सुन पाते हैं किन्तु उनस...
- तब कैसा वीभत्स होगा संसार?...? घर के समर्थ कमाते हैं और उसी कमाई से परिवार के सभी सदस्य गुजारा करते हैं। यह जिम्मेदारी भी है, परम्प...
- तब कोई लगाता क्या?...? सरकार कितना प्रचार करती है, कोई सुनता है क्या? सुनने के लिए यह बहुत जरूरी है, कि जो आदमी इस बात को...
- तब कौन है?...? हमारा बैरी है और दुश्मन है। क्यों साहब! दो महीने पहले तो वह आपका जमाई था? हाँ दो महीने पहले था, लेकि...
- तब कौन है?...? हमारा बैरी है और दुश्मन है। क्यों साहब! दो महीने पहले तो वह आपका जमाई था? हाँ दो महीने पहले था, लेकि...
- तब क्या उन्हें ग्रह-नक्षत्रों का कोपभाजन ही बनता पड़ता होगा?...? पिछले दो हजार वर्षों से हम बौद्धिक गुलामी के बेतरह शिकार हुए हैं। स्वतंत्र चिन्तन और विवेकशीलता को ह...
- तब क्या करना चाहिए?...? हमारे शास्त्रों में आदमी के लिए सबसे बड़ा पुरुषार्थ एक ही बताया गया है। वह क्या बताया गया है? वह है...
- तब क्या करना चाहिए?...? आप स्वर्ग-सा जीवन जीने के लिए मनोकामना को पीछे हटा लीजिए और यह मत सोचिए कि क्या परिणाम मिलेगा। आप अप...
- तब क्या करना चाहिए?...? सारे घर में शोक, माँ रो रही है, दादी रो रही है। क्यों रो रही है? हमारा बच्चा था, मर गया। आप रोयेंगे?...
- तब क्या करना चाहिए?...? तब क्या करना चाहिए? हमारे यहाँ शास्त्रकारों ने आदमी के लिए सबसे बड़ा पुरुषार्थ ये बताया (गया) है, (और...
- तब क्या करना चाहिए?...? आप स्वर्ग सा जीवन जीने के लिए मनोकामना को पीछे हटा लीजिए और यह मत सोचिए कि क्या परिणाम मिलेगा? आप अप...
- तब क्या करना पड़ेगा?...? गायत्री की प्रेरणाओं, गायत्री की शिक्षाओं का अनुकरण करना पड़ेगा, अनुसरण करना पड़ेगा। अनुकरण और अनुसर...
- तब क्या करना पड़ेगा?...? तब एक ही काम करना पड़ेगा कि आप अपने आप को भगवान को सौंप दीजिए। अपने आप को उनके हाथ की कठपुतली बना लीज...
- तब क्या करना पड़ेगा?...? विधि के साथ विधा को जानना होगा। विधा अर्थात् रीति, कायदा-कानून, नियम और मर्यादा। इसके बिना सफलता नही...
- तब क्या करना है?...? अब हमको इससे आगे आने वाले समय में अकेला नहीं रहना है। पाँच बच्चे ऐसे पैदा करना है जो बड़े हों। वायु-...
- तब क्या करें?...? तब आपको भविष्य में ऐसी विचारधारा के साथ, ऐसे लोगों के साथ, ऐसे लक्ष्य के साथ, ऐसी महान सत्ता के साथ ...
- तब क्या करेगा?...? इसको चावल चढ़ाऊँगा, पुष्प चढ़ाऊँगा—पुष्पं समर्पयामि, नैवेद्यं समर्पयामि, अक्षतानि समर्पयामि, पाद्यं सम...
- तब क्या कहना है?...? तब तो खाएगा और सोएगा। खाने और सोने के अलावा और कुछ कर नहीं पाएगा। अगर उसको खाने और सोने के अलावा भी ...
- तब क्या काम करें?...? आप ये विचार कीजिए कि आपके पास जो मिला हुआ है, वो कितना ज्यादा है। भगवान ने कितना ज्यादा आपको दिया है...
- तब क्या चढ़ेगा भगवान के चरणों पर?...? पत्ते को कोई चढ़ाता है? जड़ को कोई चढ़ाता है? नहीं। फूल को ही चढ़ाते हैं—इसका अर्थ है भगवान के सिर पर अग...
- तब क्या था?...? संध्या का समय था। इस तरह वे देहरी में जा विराजे, जो न खुली जगह में थी और न बन्द जगह में थी। उन्होंने ...
- तब क्या फायदा होगा आपको?...? आपकी पात्रता विकसित हो जाएगी। पात्रता विकसित अगर आपकी हो गयी तो आपको इतना ज्यादा मिलेगा, जितना ज्याद...
- तब क्या भगवान नाराज हो जाते हैं क्या?...? जो आदमी जप करेगा, उसी से प्रसन्न होंगे। जो जप नहीं करेगा, उससे प्रसन्न नहीं होंगे। नहीं, जप करने का ...
- तब क्या होगा?...? पारिवारिकता का वातावरण होगा। वह क्या है? आप जो दायरा अभी इस्तेमाल करते हैं, वह बड़े दायरे में करना ह...
- तब क्या होगा?...? भगवान् के शाप बाढ़ के रूप में बरसेंगे, तूफान के रूप में बरसेंगे, आँधी के रूप में बरसेंगे और किस रूप म...
- तब क्या होगा?...? आपका इंजन गरम हो जायेगा और आपकी गाड़ी जल जायेगी। क्यों? क्योंकि उसमें तेल खत्म हो गया है।
क्या ह...
- तब क्या होता था?...? दिवाला नहीं निकलता था, क्योंकि वे उससे आगे वाली समर्थ बैंक में अपना बीमा कराते थे। छोटी बीमा कंपनिया...
- तब गरीबी-अमीरी की विषमता भी क्यों रहेगी?...? जाति-लिंग के नाम पर पनपने वाली विषमता का अनीतिमूलक और दु:खदाई प्रचलन भी क्यों रहेगा? मनुष्य स्नेह और...
- तब गुरुजी बोले, ‘‘भावुक क्यों होती हो, क्या यह सच नहीं है?...? ’’ माताजी बोलीं, ‘‘पर बच्चों के सामने क्यों...?’’ गुरुजी बोले, ‘‘आज नहीं तो कल, हमको जाना तो है ही।’...
- तब जिस दरबार में हाजिर होना होगा, वहाँ किस प्रकार, किस रूप में अपनी जीवनचर्या का निर्धारण प्रस्तुत करना पड़ेगा?...? इन तीन प्रश्नों का सही उत्तर देने के लिए, जो व्यक्ति परीक्षार्थी जैसी तैयारी करता है, जो सही उत्तर द...
- तब जो स्फूर्ति हमारे मन में आती है, उमंग हमारे मन में आती है, उचंग हमारे मन में आती है, उस चीज का नाम क्या है?...? उस चीज का नाम ईश्वर विश्वास है। वह उसका प्राण है। वह उसका जीवन है। सिद्धियाँ उसी में हैं, चमत्का...
- तब तक आएँगे?...? हाँ! तब तक आएँगे। इसके लिए जो स्वप्न देखा था, वह आज पूरा हुआ। स्वप्न पूरा हुआ, लेकिन संकल्प पूरा नही...
- तब तक क्या वे प्यासे रहेंगे?...? उनका तो दम निकल जाएगा। बेटे ! यह मतलब नहीं है, इसका। उनको पानी की जरा-सी भी जरूरत होगी तो जरा-सी आग ...
- तब तूने क्या किया था?...? दस साल में तूने अब यहाँ आ करके शक्ल दिखाई है, हृदयहीन कहीं का।
इस पागलपन को तो अलग रखना चाहिए; लेक...
- तब तो आप समझ गए होंगे कि वास्तविकता क्या है?...? गीता और रामायण जिसका हम यहाँ से प्रचार करते हैं, उसका हम यहाँ पर विद्यालय बनाने वाले हैं। गीता और रा...
- तब तो आपकी पत्नी ने एम०ए० पास कर लिया होगा?...? नहीं साहब, उसे तो घर के कामों से ही समय नहीं मिलता है। तो दिखाइए अपनी घड़ी और बताइए कि कितने बज रहे...
- तब तो आपने अपनी खुशी दूसरी के हाथ में गिरवी रख दी न?...? आपकी बीवी हँसी -खुशी से रहेगी और आपकी आज्ञा का पालन करेगी, आपकी मरजी से चलेगी तो आप खुश! और नहीं चली...
- तब तो आपने अपनी खुशी दूसरों के हाथ में गिरवी रख दी न?...? आपकी बीबी हँसी-खुशी से रहेगी और आपकी आज्ञा का पालन करेगी, आपकी मरजी से चलेगी तो आप खुश! और नहीं चली ...
- तब तो तू छोटा-सा होगा?...? हाँ, माताजी तब मैं छोटा-सा था। देखा था न कितनी भीड़ थी? मथुरा से लेकर वृन्दावन तक सारी भीड़-ही-भीड़ ...
- तब तो बड़ी मुश्किल आती होगी?...? हाँ बेटे! मुश्किल आती है। यह रास्ता शूरवीरों का है, बहादुरों का है, योद्धाओं का है। यह रास्ता कायरों...
- तब देवताओं ने क्या किया?...? किसी ने रीछ-वानरों का रूप बनाया, किसी ने कुछ रूप बनाया और धरती पर आ गए। रीछ-वानरों ने फिर, वो काम कि...
- तब धर्म का स्वरूप अनर्थ के अतिरिक्त और क्या रह जायेगा?...? फिर देवत्व की व्याख्या दयालुता के अर्थ में कौन करेगा?हो सकता है कि किसी माँसाहारी को अपने अभक्ष्य भो...
- तब न तो किसी को जाति का ध्यान था, न ही ऊँच-नीच का, कि कौन ब्राह्मण है, कौन बनिया है और कौन नाई है?...? बड़े हो गये, तो जाति-बिरादरी के हमारे सामाजिक बन्धनों से हमारा जीवन नष्ट-भ्रष्ट हो गया। बचपन में ...
- तब नरमेध यज्ञ की व्यवस्था की गई लेकिन अपने शरीर की बलि कौन दे यह प्रश्न उठ खड़ा हुआ?...? तभी एक युवक सामने आया और बोला लाखों लोग की रक्षा के लिये मुझे प्राण गँवाने पड़े तो इसे मैं अपने शरीर ...
- तब पंखा कैसे चले?...? बल्ब कैसे जले? दूसरे काम कैसे बनें? इसलिए इनका जुड़ जाना आवश्यक है। जुड़े बिना बड़ी शक्ति प्राप्त नहीं ...
- तब परिणाम क्या होता है?...? वही जो आग और लकड़ी का होता है। दो कौड़ी की नाचीज लकड़ी जब आग के साथ मिल जाती है तो उसकी कीमत आग के बराब...
- तब परिणाम क्या होता है?...? वही जो आग-लकड़ी का होता है। दो कौड़ी की नाचीज लकड़ी जब आग के साथ मिल जाती है तो उसकी कीमत आग के बराबर ह...
- तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे?...? मत झल्लाइए, कोशिश कीजिए, शायद दूसरों का सहयोग मिल जाए। जिस सीमा तक सहयोग मिल जाए, उस सीमा तक ठीक है ...
- तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे?...? मत झल्लाइए, कोशिश कीजिए, शायद दूसरों का सहयोग मिल जाए। जिस सीमा तक सहयोग मिल जाए उस सीमा तक ठीक है औ...
- तब फिर आप दयालु कैसे?...? किस बात के? भाव-सम्वेदनाएँ भी अपूर्ण हैं, अगर वे क्रियाकाण्डों के साथ समन्वित नहीं है। दोनों का समन्व...
- तब फिर आप दयालु कैसे?...? किस बात के? भाव-सम्वेदनाएँ भी अपूर्ण हैं, अगर वे क्रिया-काण्डों के साथ समन्वित नहीं हैं। दोनों का स...
- तब फिर आपका मनोरथ कैसे पूर्ण होगा?...? मैं तो बत्तीस साल का हूँ। बत्तीस साल का जब वह हो जाएगा, तब आपको इतनी बड़ी सन्तान मिलेगी। बत्तीस साल स...
- तब फिर कोई और व्यक्ति ऐसा है, जो वही मंत्र बोलकर चमत्कार दिखा सके?...? हाँ! ऐसे भी एक व्यक्ति हैं। हम कोशिश करेंगे कि वे आ सके और आपका पुत्रेष्टि यज्ञ सम्पन्न करा सके। शृंग...
- तब फिर क्या हुआ उनका?...? वहाँ लोग पूजा तो करते थे, पर पूजा 'भी' करते थे, पूजा 'ही' नहीं करते थे। आज (आज) की खराबी ये है, आज ह...
- तब फिर क्या होगा बताओ?...? शिष्यों ने कहा—महाराज जी! फिर वो दूध चलनी में रुकेगा थोड़े ही। चलनी में जो सुराख हैं, उससे तो नीचे जम...
- तब फिर जैसा छोटा, घिनौना मनुष्य है, वैसा ही तो रह जाएगा आगे कहाँ बढ़ेगा?...? आगे उसकी उन्नति की सम्भावना कहाँ है? आगे उसकी उन्नति के लिए कोई सम्भावना नहीं है और न कोई गुंजाइश है...
- तब फिर यह कहाँ से आ गया?...? यह बेटे! कमीशन आ गया। कमीशन किस बात का? कमीशन इस बात का कि हमने एक आदमी का क्लेम बीमा कंपनी से जोड़ ...
- तब बताइये बच्चा कैसे आगे बढ़ेगा?...? शादी हुई हो आपकी, यह शादी की बीबी कहाँ से आई आपकी? किसी और ने दी न? किसी और ने उसे पाला-पोषा, पढ़ाया ...
- तब बात पूरी हो जाएगी?...? ना, बात (प) पूरी नहीं हो सकती; आपको इसके साथ में अपनी श्रद्धा सँजो कर के रखनी पड़ेगी। श्रद्धा को सँज...
- तब बूढ़ों को जीवित रहने देने की हिमायत किस तर्क के आधार पर की जा सकेगी?...? तब फिर इस संसार में भेड़ियों को भेड़ियों द्वारा ही फाड़-चीर कर खा जाने जैसे दृश्य सर्वत्र उपस्थित हो...
- तब बेटे, इससे क्या हो जाएगा?...? गंदे नाले में गंगाजल डाल देगा तो क्या सारा का सारा गन्दा नाला शुद्ध हो जाएगा? गन्दा नाला शुद्ध नहीं हो...
- तब बेटे, इससे क्या हो जाएगा?...? गन्दे नाले में गंगाजल डाल देगा तो क्या सारा का सारा गन्दा नाला शुद्ध हो जाएगा? गन्दा नाला शुद्ध नहीं...
- तब बेटे, शर्त है कि आप पकड़ क्या रहे हैं?...? लीजिए पकड़ लिया और चिल्लाए—भाई साहब! करेंट आ गया-करेंट आ गया। अरे आप तो ऐसे ही चिल्ला रहे थे, झूठ बो...
- तब बड़े खिन्न हुए, दुःखी हुए कि हमको सफलता के कोई चिन्ह नजर नहीं आते हैं, तो स्तुति करने का क्या फायदा?...? उन्होंने गायत्री अनुष्ठान तेरह वर्षों तक करने के बाद में वृन्दावन त्याग दिया और वृन्दावन त्यागने के ...
- तब भगवान को कितना समय देगा?...? साढ़े बारह परसेंट देगा? और साढ़े- छियासी परसेंट तू खा जा। इतना तो देगा कि इतना भी नहीं देगा? हाँ महा...
- तब मैं यह कहूँगा कि यह देवता का मन्दिर है और जब इसमें से प्राण निकल जाएगा तो मैं यह कहूँगा कि ये तो मिट्टी है, इसके लिए क्यों रो रहे हो?...? इसे जलाकर अलग करो। इसमें क्या रखा है? ये तो बेकार है. निरर्थक है। इसको गाड़ दो, नदी में बहा दो या इस...
- तब मैं यह कहूँगा कि यह देवता का मन्दिर है और जब इसमें से प्राण निकल जाता तो मैं यह कहूँगा कि ये तो मिट्टी है, इसके लिए क्यों रो रहे हो?...? इसे जलाकर अलग करो। इसमें क्या रखा है? ये तो बेकार है, निरर्थक है। इसको गाड़ दो, नदी में बहा दो या इस...
- तब मैंने कहा—शंख ने कोई फायदा नहीं दिया?...? नहीं, कोई फायदा नहीं दिया।मित्रो! आप समझते हैं कि वस्तुओं के माध्यम से सारे काम सध जाते हैं। आप आसान...
- तब यह पूजा-उपासना, इतना कृत्य जो आप करते हैं, किसलिए किया जाता है?...? यह वास्तव में अपने मन की धुलाई है, अपने मन की रँगाई है। पहले आप अपने आपको धोकर रखेंगे, तो रँगना सम्भ...
- तब लोगों ने कहा कि आप ही बताइए?...? तब उन्होंने कहा कि मेरा सुझाव है कि आप शुकदेव जी को बुला लें। शुकदेव जी कौन हैं? शुकदेव जी व्यास जी ...
- तब वह कितने की रह गयी?...? पन्द्रह रुपये की रह गयी। उसमें से पानी के जहाज का किराया देना पड़ा। पैकिंग का पैसा लगा। दुकानवालों ...
- तब विविध-विधि दौड़-धूप करने की आवश्यकता क्या रहीं?...? ऐसी दशा में मनुष्य मात्र भाग्य की कठपुतली बन जाता है और पुरुषार्थ का कोई मूल्य नहीं रहता। यह विचित्र...
- तब वे कौन थे?...? जवान आदमी और राजगोपालाचार्य? राजगोपालाचार्य की जब मृत्यु हुई थी, तो वे अस्सी वर्ष को भी पार कर गए ...
- तब वे जो कहते हैं उसे करने में क्या नुकसान है?...? यह सोचकर मन ही मन उनका ही कार्य निरन्तर करने का संकल्प ले लिया।
प्रज्ञावतार का अंश बनने की छूट देता...
- तब व्यापारी यह सोचेगा कि धनिया खरीदने आया है राम—उसे गधे की लीद मिला हुआ धनिया कैसे दे दूँ?...? अरे हम अगर गायत्री के सिद्धान्तों पर, आध्यात्मिक के सिद्धान्तों पर चलने वाले हों तो क्या हम पाप कर स...
- तब शंकर जी के नाम का पीला रंग चढ़ेगा कैसे?...? हनुमान जी का लाल- गुलाबी रंग चढ़ेगा कैसे? श्रीकृष्ण भगवान का हरा रंग चढ़ेगा कैसे? उपासना का मर्म वस्...
- तब संसार की व्यवस्थाओं को कौन कायम रखेगा?...? आप ऐसा मत सोचिए। आपको केवल यह सोचना चाहिए कि यह चित्तभ्रम का एक ढंग है और कुछ नहीं।यहाँ जो कल्पसाधना...
- तब समझदारों, विद्वानों ने कहा कि फिर यह बताइए कि किस आदमी का भविष्य अच्छा है?...? इसका सबूत क्या है?
गुरु द्रोणाचार्य ने एक बात बताई कि राजन्! किस आदमी का भविष्य अच्छा है या ब...
- तब सहायता मिलेगी?...? नहीं, मेरा पक्का विश्वास है कि फिर नहीं मिलेगी। आप पर कोई कृपा बरसेगी? मैं यकीन के साथ कहता हूँ कि व...
- तब सामाजिक जीवन की सुचारुता की सम्भावना कैसे की जा सकती है?...? पुरुष अपनी योग्यता से जो कुछ सुख-शान्ति की परिस्थितियाँ पैदा करेगा उसे घर की गँवार नारी बिगाड़ देगी।...
- तब हम क्या करेंगे?...? तब हम सिर्फ यही करेंगे कि जहाँ हमारा स्वार्थ प्रेरित करेगा, जो कोई आदमी जीप में बैठाकर ले जाएगा, ज...
- तब हम क्या करेंगे?...? तब हम सिर्फ यही करेंगे कि जहाँ हमारा स्वार्थ प्रेरित करेगा, जो कोई आदमी जीप में बैठाकर ले जाएगा, जो ...
- तब हमको भय है कि जब मछली-मछली को खा सकती है तो आदमी-आदमी को क्यों नहीं खा सकता?...? सौ वर्ष बाद अगर यही निष्ठाएँ और मान्यताएँ बनती रहीं तो दुनिया का सफाया होकर रहेगा। हमारा ख्याल है कि...
- तब हमारा कार्य पूरा क्यों नहीं होगा?...? उनका कार्य अपने आप पूरा कराएँगे। हो रहा है और होता रहेगा। शानदार जो भी आन्दोलन पूरे होते रहे हैं, उस...
- तब हमारा कार्य पूरा क्यों नहीं होगा?...? उनका कार्य अपने आप पूरा कराएँगे, हो रहा है, होता कैसा है? शानदार जो भी आन्दोलन पूरे होते रहे हैं उसम...
- तब हमारे पास पैसा-दौलत हो जाए तो क्या?...? ज्ञान हो जाए तो क्या? भक्ति हो जाए तो क्या? विद्या हो जाए तो क्या? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता ह...
- तब हमारे पास पैसा-दौलत हो जाए तो क्या?...? ज्ञान हो जाए तो क्या? भक्ति हो जाए तो क्या? विद्या हो जाए तो क्या? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता ह...
- तब, क्या हो?...? नौकरों की जेबें टटोली जाने लगीं और पैसा-धेला जो भी पल्ले पड़ता, उड़ा लिया जाता। बड़े सिगरेट पीकर फेंक द...
- तबाही क्यों आएगी?...? क्योंकि अवांछनीय तत्त्व जहाँ कहीं भी हैं, वे सब घटेंगे। घटने के लिए विनाश होगा, और विकास के लिए नए न...
- तबाही क्यों आएगी?...? क्योंकि अवांछनीय तत्त्व जहाँ कहीं भी हैं, वे सब घटेंगे। घटने के लिए विनाश होगा और विकास के लिए नए नि...
- तमाम दिन कैसे मौन रहेंगे?...? कभी बोलेंगे, कभी चिट्ठी लिखेंगे, कभी हाथ से लिखेंगे, कभी क्या करेंगे? कभी क्या करेंगे? कम से कम दो घ...
- तमाम दिन तो मुश्किल है आपके लिए; तमाम दिन कैसे मौन रहेंगे?...? कभी बोलेंगे, कभी चिट्ठी लिखेंगे, कभी हाथ से लिखेंगे, कभी क्या करेंगे! कभी क्या करेंगे? कम-से दो घण्ट...
- तमाशे दीखेंगे, आपके अपने सिनेमा हो रहे हैं क्या?...? अगर आपने सिनेमा और तमाशा देखने के लिए उपासना की है तो आपको धिक्कार है। मुझे ये कहना पड़ेगा कि आपने अ...
- तमाशे से क्या हो सकता है?...? कुछ नहीं हो सकता। क्रिया किस काम के लिए है? क्रियाओं का मकसद एक है। क्रिया एक शिक्षण है। प्राचीनकाल ...
- तमोगुण किसे कहते हैं?...? तमोगुण कहते हैं—जड़ता को। महाराज जी! तमोगुण गुस्से को भी कहते हैं? हाँ, गुस्सा को भी कहते हैं, पर...
- तमोगुण गुस्से को भी कहते हैं?...? हाँ, गुस्सा को भी कहते हैं, पर वास्तव में तमोगुण आदमी की जड़ता को कहा गया है। जड़ आदमी को तमोगुणी ...
- तरक्की करनी है, तो पूरी कीजिए न और फिर भगवान के मुकाबले जाइये न?...? सन्तों के मुकाबले पहुँचिए न। देवताओं के मुकाबले पहुँचिए न? नहीं साहब! हमारी बेइज्जती हो गयी है औ...
- तरह- तरह के व्यंजन, काम- क्रीड़ा के प्रयोग एवं दृश्य, श्रव्य, स्पर्शजन्य विलास प्रयोजन कैसे पूरे हों?...? इसके सपने सँजोए और घरौंदे बनाए जाते हैं। इससे थोड़ी फुरसत मिलती है तो धन कमाते, अमीरी का दर्प दिखाने...
- तलवार कहाँ है?...? गीध ने कहा, नहीं सही, पर हमारे पास जान तो है और न्याय के लिए, आदर्श के लिए, धर्म के लिए हम मर तो सकत...
- तलवार का महत्त्व हम क्यों कर कम आँकेंगे?...? आपकी तलवार कितनी ही कीमती क्यों न हो, लेकिन उसको पकड़ने के लिए हाथों में, कलाइयों में बल होना चाहिए।...
- तलवार का महत्त्व हम क्योंकर कम आँकेंगे?...? आपकी तलवार कितनी ही कीमती क्यों न हो, लेकिन उसे पकड़ने के लिए हाथों में, कलाइयों में बल होना चाहिए। न...
- तलवार काम करती है?...? बेटे! तलवार क्या काम करेगी। काम तो हाथ करता है, कलाई करती है। हाथ भी काम नहीं करता, हिम्मत काम करती ...
- तलवार को जब तक घिसा नहीं जाएगा, तब तक उस पर धार नहीं आयेगी तो बताइये, फिर कैसे चलेगी?...? बिल्कुल खपच्ची जैसी होगी। किसी को उससे मार देंगे तो उसको जरा-सी चोट कहीं लग जायेगी, दर्द हो जाएगा, ख...
- तलवार तेरे पास नहीं, बन्दूक तेरे पास नहीं, तू मेरा मुकाबला कैसे करेगा?...? उसने कहा कि मैं तुम्हारा मुकाबला नहीं कर सकता और तुम्हें मार नहीं सकता, जीत नहीं सकता, लेकिन जीत ज...
- तलवार बनाती है?...? देवियाँ क्या यही काम करती हैं? तो महाराज जी! फिर शिवाजी को तलवार कैसे मिली थी? बेटे! यह अलंकार है, ज...
- तस्करों का कोई इतिहास है?...? नहीं ! तस्करों का कोई इतिहास नहीं है। आप क्या चाहते थे? हम तो तस्कर बनना चाहते थे और देवी का पाठ हम ...
- तहसीलदार ने कहा-जहाँ बुद्धि बँट रही थी वहाँ?...? कलेक्टर इस उत्तर से बहुत लज्जित हो गया। (२) एक सन्त के पास जाकर एक जिज्ञासु ने कहा-महात्मन् बुरे विचा...
- ताँतिया डाकू यही है?...? हाँ, यही है। इसने सैकड़ों डकैतियाँ डाली हैं।
सब लोगों ने कहा—"साहब! यह ताँतिया नहीं है, न जाने क...
- ताँबे के पात्र में पंचपात्र लगा दो तो कैसा हो सकता है?...? स्टील का पंचपात्र लगा दो तो कैसा हो सकता है? बेटे! मिट्टी का भी बना ले और अगर तेरे पास कोई पंचपात्र ...
- ताँबे के पात्र में पंचपात्र लगा दो तो कैसा हो सकता है?...? स्टील का पंचपात्र लगा दो तो कैसा हो सकता है? बेटे! मिट्टी का भी बना ले और अगर तेरे पास कोई पंचपात्र ...
- ताँबे को क्यों जला रहे हैं?...? अरे साहब! देखना, जलाने के बाद इसमें कैसे मजा आएगा। इसकी भस्म बनेगी, उससे पौष्टिकता आएगी। अच्छा तो आप...
- ताकत कहाँ से आयेगी?...? हवाई जहाज तो करोड़ों रुपये का आता है। ये करोड़ों रुपये का हवाई जहाज पैदा करने की शक्ति किसी और में है?...
- ताकत को तो निखारता है नहीं, उभारता है नहीं, फिर सिद्धियाँ कहाँ से आएँ?...? साधना किस चीज का नाम है? साधना बेटे, इस चीज का नाम है जिसमें हम अपनी भीतर वाली क्षमता का, भीतर वाली ...
- ताकतवर और बड़प्पन की जो निशानियाँ मैंने पाईं, इसके जो चिह्न मैंने पाए, वे कहाँ से पाए?...? मैं चाहता हूँ कि इन चार दिन के शिविरों में वह आपको सिखाकर के जाऊँ और आप यहाँ सीख करके जाएँ। ये बहुत ...
- ताकि यदि मैं मार्ग भ्रष्ट हो रहा होऊँ तो सँभल जाऊँ?...? तथास्तु कह कर विधि ने मनुष्य को धरती पर भेज दिया। पर यहाँ आकर मनुष्य इन्द्रिय भोगों में पड़ कर अपने ल...
- ताकि लोग यह समझ सकें कि आखिर हिन्दू-धर्म क्या है और भारतीय संस्कृति एवं भारतीय सभ्यता क्या है?...? धर्म क्या है और भारतीय अध्यात्म क्या है, इसको समझने में हम समर्थ हो सकें, लेकिन यह सारा के सारा शि...
- ताकि हम देख सकें कि हम सच्चे साथियों के रूप में परिवार का सृजन करते रहें अथवा शेखचिल्ली जैसी कल्पना के महल गढ़ते रहे?...? इस परख में वस्तुस्थिति सामने आ जाएगी और हम अपने परिवार के साथ जोड़े हुए प्रश्नों की यथार्थता, निरर्थ...
- तारों के मन्द प्रकाश में इन सबकी आँखें पूर्ण सतर्कता से देख रही थीं; आखिर अब ये करते क्या हैं?...? इनकी ओर से अनजान युधिष्ठिर उन मृतकों में घूम-घूम कर देखने लगे। कोई घायल तो नहीं है, कोई प्यासा तो नह...
- ताल क्या चीज है?...? क्रमबद्धता। राम के नाम का हम उच्चारण करते हैं, गायत्री मंत्र का जब हम उच्चारण करते हैं शब्द विज्ञान ...
- ताला भी नहीं लगाते?...? हाँ साहब! साँकल नहीं लगाते, वरन रस्सी लेकर खूटी से बाँध देते हैं और यों ही दरवाजा खुला छोड़ जाते हैं...
- तालाब में डूब गया है?...? नहीं साहब! शुक्र भगवान तो डूब गये हैं। कहाँ डूब गये हैं, बताइये तो सही। साहब! पण्डित जी के पत्रा ...
- तालाबों की बात कौन कह रहा है?...? साहब! गायत्री माता शायद रहती हों उस तालाब में। ताला में रहने वाले हँस पर बैठती हों। चल! तालाब में बै...
- ताली बजाने वालों में और कौन बैठे हुए हैं?...? ये बैठे हैं और वो बैठे हैं। जनता को आप तलाश करेंगे, तो मुश्किल से पचास आदमी आपको नहीं मिलेंगे।...
- ताल्लुक इस बात का है कि आपकी नीयत में क्या है?...? आपके ईमान में क्या है? ईमान और नीयत के अलावा गायत्री माता और कुछ नहीं देखतीं। गायत्री ही कामधेनु ह...
- ताश ही तो खेलते थे न?...? मन कहाँ गया था? अपने भगवान् के पास गया था। आपने भगवान् की शकल बना दी थी सिनेमा के रूप में, ताश के रू...
- तिरस्कार करते हैं?...? पुलिस पकड़कर ले जाएगी, जेल में डाल देगी। नहीं साहब! हम जलाएँगे जलाकर दिखाइये जरा! हम तो कम्युनिस्टों ...
- तिलक लगाना, माला जपना, गंगाजी नहाना, सत्यनारायण की कथा कहना आदि, क्या यही दैवी परम्पराएँ हैं?...? नहीं, बेटे! ये तो खेल-खिलौने मात्र हैं। जो इसी खेल-खिलौनों में उलझे रहते हैं, उन्हें हम ‘अफीमची’ कहत...
- तिलक लगाना, माला जपना, गंगाजी नहाना, सत्यनारायण की कथा कहना आदि, क्या यहीं दैवी परम्पराएँ हैं?...? नहीं, बेटे! ये तो खेल खिलौने मात्र हैं।मित्रो! क्या करना पड़ेगा? दैवीय सभ्यता यह नहीं है। दैवीय सभ्य...
- तीन आँख क्यों?...? दो आँखें तो सबके होती हैं। शंकर जी की एक और आँख है, जो विवेक की आँख कहलाती है। एक तीसरी आँख आपकी भ...
- तीन कला का मतलब क्या हुआ?...? मनुष्य से तीन गुना अधिक शक्ति रखने वाले व्यक्ति। हम सब एक कला के भगवान हैं, अवतार हैं। आध्यात्मिक क्...
- तीन काम हुए न?...? आत्मा को, अपने आप का निर्माण कर लेना—नम्बर एक। अपने परिवार का निर्माण कर लेना—नम्बर दो। अपने समाज को...
- तीन कैसी आँखें होती हैं?...? बेटे! शंकर जी की एक आँख ऐसी है कि जब कभी उसे खोल देते हैं और उससे जिस किसी को देखते हैं, वह जल करके ...
- तीन चार दिन रहा मेरे पास तो मैंने पूछा बेटा वहाँ कैसा काम चलता है?...? गुरुजी, वहाँ बढ़िया आमदनी है। तो हमने कहा बढ़िया आमदनी से वहाँ तुमने जायदाद खरीदी। अजी, नहीं हम तो किस...
- तीन चीजें क्या थीं?...? एक का नाम गन्ना, एक का नाम दूध—घी, मावा और एक का नाम अन्न—मैदा, सूजी थी। इन तीनों चीजों को लेकर के म...
- तीन छटाँक चावल तो मैं दोपहर को खा जाता हूँ और शाम को?...? तीन छटाँक शाम को भी खा जाता हूँ। तीन और तीन—छः छटाँक खा जाता है। कब? जब संग में दाल भी लेता है, शाक ...
- तीन दिन के इस छोटे से प्रदर्शन की उपयोगिता, आवश्यकता भी कुछ है क्या?...? इसका विचार न करके लोग उन्माद में आवेशग्रस्त हो जाते हैं। उसे शान-शौकत की प्रतिष्ठा का, प्रश्न नाक का...
- तीन देवताओं की साधना आपको करनी पड़ेगी?...? जिसमें एक का नाम मैंने आपको बताया था—शरीर। जब आप नीरोग होंगे, तो पैसा भी कमा सकते हैं, स्वास्थ्य भी ...
- तीन धारायें क्या हो सकती हैं?...? गायत्री का स्वरूप क्या हो सकता है? यहाँ इतना तो समय नहीं है कि मैं सारी की सारी फिलॉसफी और तत्त्वज...
- तीन बन्धन कौन से हैं?...? हाथों में हथकड़ी—एक, पैरों में बेड़ी—दो और कमर में रस्सा—तीन। यही तीन बन्धन हैं। कभी आपने कैदियों को ...
- तीन बार आचमन कर लो, तीन बार क्या मैं तीन गिलास पानी पी जाऊँ, तीन बार से क्या होगा?...? मैंने कहा—वाह! ये बहुत सस्ता धन्धा हाथ लगा। इतना सस्ता धन्धा हाथ लगा, इतने कम दाम में इतनी चीजें मिल...
- तीन बेटियों के बाद दो बेटा हो जाने को?...? आपकी दृष्टि में इसके अतिरिक्त और कोई सौभाग्य होता है क्या? नहीं होता। बेटे! यह सौभाग्य नहीं होता। सौ...
- तीन मन क्यों नहीं?...? तीन मन से तो कम नहीं होगी। नहीं महाराज जी! तीन मन से कम में क्या होंगी? तीन मन की गायत्री को भला बुल...
- तीन मन से कम में क्या होंगी?...? तीन मन की गायत्री को भला बुला और एक हँस को, फिर ट्राई (कोशिश) करते हैं। एक हँस हम रख देते हैं और तीन...
- तीन महीने कितने होते हैं?...? बहुत जरा से होते हैं। दिन और रात तुम सबको श्रम करना पड़ेगा। दिन और रात एक करने पड़ेंगे, तब कहीं हम उ...
- तीन महीने जेल जाने पर कोई आदमी ज्यादा दुखी तो नहीं होता?...? बेटे! हम तो पौने चार बरस रहे हैं। हमारा तो कुछ खराब नहीं हुआ। हम बहुत अच्छी तरह रहे हैं। साहब! हमको ...
- तीन महीने जेल जाने पर कोई आदमी ज्यादा दुखी तो नहीं होता?...? बेटे! हम तो पौने चार बरस रहे हैं। हमारा तो कुछ खराब नहीं हुआ। हम बहुत अच्छी तरह रहे हैं। साहब! हमको ...
- तीन लाख रुपया जो गवर्नमेण्ट ले जायेगी, वह कितने वर्ष में पूरा हो जायेगा?...? उन्होंने कहा कि सात साल में। मैंने कहा कि सात साल में क्या बनता-बिगड़ता है, समझ लेना सात साल कमाया ...
- तीन विशाल बौद्ध विहारों के भग्नावशेष भी वहाँ मौजूद हैं, जिनसे पता चलता है कि किसी समय वहाँ बौद्ध धर्म का कैसा वर्चस्व रहा होगा?...? 'जीवित' विहार में विधिवत पूजा-उपासना होती है। इसमें कितनी ही स्वर्ण मंडित मूर्तियाँ स्थापित हैं। इनम...
- तीन साल का कितना हो गया?...? बहत्तर हजार रुपये हो गया। सन्तान पैदा करने के लिए हमें बहत्तर हजार रुपये दे दीजिए। नहीं महाराज जी! हम...
- तीन साल का तप देकर के तेरे बेटा पैदा कराएँगे तो अड़तालीस हजार रुपये के हिसाब से तीन साल का कितना होता है?...? डेढ़ लाख रुपये होता है। डेढ़ लाख रुपये देंगे, तेरी सन्तान पैदा कराएँगे, तब तेरी चिन्ता दूर होगी, तब ते...
- तीन हजार की मूर्ति तो मिली नहीं?...? मिलती भी कैसे, मूर्तिकला का जो अभ्यास है, वह अलग है।
मित्रो! यह क्या है? यह एक टेक्निक है। मू...
- तीन हजार की मूर्ति तो मिली नहीं?...? मिलती भी कैसे, मूर्तिकला का जो अभ्यास है, वह अलग है।मित्रो! यह क्या है? यह एक टेक्निक है। मूर्तिकला ...
- तीनों वेदों के मंत्रों को कैसे गाया जाना चाहिए?...? उसका ‘म्यूजिक’ क्या हो सकता है? सामवेद में यही सब कुछ है। सामवेद में अपना कोई मंत्र नहीं है। तीनों...
- तीर किसने चलाया?...? अर्जुन ने। तो आप भी तीर चलाइए और हम आपके सारथी बनेंगे और आपके रथ को आगे बढ़ाते हुए, चलाते हुए चले जा...
- तीर-कमान किसका बनता है?...? बाँस का बनता है। बाँस का तीर-कमान धारण करने वाले, मोर-मुकुट पहनने वाले और हाड़-मास का शरीर धारण करन...
- तीर-कमान किसका बनता है?...? बाँस का तीर-कमान धारण करने वाले, मोर-मुकुट पहनने वाले और हाड़-माँस का शरीर धारण करने वाले भगवान को आ...
- तीर-कमान वाले को देखना चाहते हैं?...? तीर-कमान किसका बनता है? बाँस का तीर-कमान धारण करने वाले, मोर-मुकुट पहनने वाले और हाड़-माँस का शरीर ध...
- तीर्थ पहले थे?...? पहले तो नहीं थे, अब अच्छे व्यक्तियों से तैयार हो गए अथवा प्राचीनकाल में वे तीर्थ बने थे, तो किसी श्र...
- तीर्थयात्रा के लिए कोई आदमी जाने वाला हो, तो उसको यह मालूम तो हो कि तीर्थ कहाँ हैं?...? किस जगह जाएँ? किसके पास जाएँ? क्या करें वहाँ जा करके? सैरगाहों में क्या करेंगे जा करके?? सैरगाहों मे...
- तीर्थयात्रा में आपको समय लगाना चाहिए—यह बहुत अच्छी बात है, पर मैं यह पूछता हूँ कि जब तीर्थ नहीं है तो कहाँ जाएँगे?...? कहाँ हैं तीर्थ? आपको कहीं दिखाई पड़ते हैं क्या? मुझे तो कहीं दिखाई नहीं पड़ते। सैरगाह-सैरगाह दिखाई पड़त...
- तीस और तीस कितने होते हैं?...? साठ। इतने में मौज करेंगे। एक महीने में भैंस खरीदेंगे और एक महीने में मकान बनवाएँगे और एक महीने में ज...
- तीस लाख रुपये किसे कहते हैं?...? तीस लाख रुपये के तीस हजार प्रति महीने ब्याज होगा। आप जब मुकदमे से छूट जाएँ और बीस लाख जुर्माना चुक...
- तीसरा नेत्र कौन-सा?...? विवेक का नेत्र, ज्ञान का नेत्र, देवता का नेत्र, आज से लेकर हजारों वर्षों तक आगे और पीछे की अपनी परिस...
- तीसरा भक्त कौन रह गया?...? सन्त ने कहा—उस आदमी का नाम है—नारद। नारद ने क्या बिगाड़ा? नारद ने यह बिगाड़ा कि उसने मनुष्य को बता दिया...
- तीसरा वाला हिस्सा कौन सा है?...? वह है—हमारी अन्तरात्मा, अन्त:करण, जिसको हम कई बार 'कारण शरीर' भी कहते हैं। यह हमारा सबसे बारीक वाला, स...
- तीसरी ऋद्धि है-दैवी अनुग्रह किसे कहते हैं?...? आपने रामायण में कई प्रसंग पढ़े होंगे कि जब देवता प्रसन्न होते हैं, तब फूल बरसाते हैं और कुछ नहीं बरस...
- तीसरी कोई चीज न हो तो आप शरीर की दृष्टि से कौन हैं?...? हम नहीं जानते, लेकिन आप मन की दृष्टि से, भावना की दृष्टि से, चिन्तन और आस्थाओं की दृष्टि से कौन हैं, ...
- तीसरी बात क्या रह गयी?...? तीसरी बात यह रह गयी कि इनसान के पास जो संपदाएँ हैं, वे एक अमानत के रूप में हैं। भगवान सबको प्यार ...
- तीसरी बोली में एक व्यक्ति ने अपने घर का सारा सोना देते हुए कहा-नेताजी क्या हमारी पात्रता की परीक्षा धन से ही होगी?...? नेताजी चौंके और बोले-तुम सच कहते हो, सबसे बड़ी शक्ति मनुष्य है, इसलिए उन्होंने धन माँगने की अपेक्षा ज...
- तीसरी वाली आँख क्या होती है?...? वह जो हम त्राटक से जाग्रत कराते हैं। तीसरी आँख खेलने के लिए प्रकाश का ध्यान कराते हैं। तीसरी आँख कहत...
- तीसरी वाली आँख क्या होती है?...? वह जो हम त्राटक से जाग्रत कराते हैं। तीसरी आँख खोलने के लिए प्रकाश का ध्यान कराते हैं। तीसरी आँख कहत...
- तु यह बता कि तूने अपने जीवन का परिष्कार कर लिया कि नहीं, तभी बेटे बात बनेगी अन्यथा नहीं?...? हमारे गुरु ने हमें बार-बार बुलाया है। बार-बार बुलाने की शृंखला उन्होंने उस समय से प्रारम्भ की जिस समय...
- तुझसे ये किसने कहा?...? मित्रो! अगर मैं ये करना चाहूँ तो सोने-चाँदी के जखीरे खड़ा कर सकता हूँ। जो आशीर्वाद मैं फोकट में देता...
- तुझे कभी जुकाम हो जाये, छींक आ जाय, तो देख लेना, भगवान है कहीं?...? कहीं नहीं है, केवल कफ़ है। जुकाम हो जाने पर ढेरों कफ़ निकलता है, वही तुझे मिल जायेगा। नाक में से ...
- तुझे ऐसे ही रहना आता है क्या?...? छोड़ इस दीनता को, भिखारीपन को छोड़।
सन्त की सन्तान हैं आप
जो कुछ भी आप कर सकते हैं, करें। आपकी ज...
- तुझे किस बात की फिकर रहती है?...? साहब! हमारे ऊपर इनकम टैक्स का मुकदमा चल रहा है और हमारी मौसी को जुकाम होता रहता है, इसलिए हमको चिन्ता...
- तुझे कैसी मूँछ चाहिए थी?...? आपकी-सी मूँछ चाहिए थी, जो खींचने पर भी नहीं निकलती है। बेटे! तो अभी तू ठहर जा। अभी तू छह साल का है। ...
- तुझे क्या दिखाई पड़ता है?...? ” अर्जुन ने कहा, “हमें केवल मछली की आँख दिखाई पड़ती है।” “अच्छा बताओ, मछली की पलक, मछली का सिर आदि क...
- तुझे क्या मालूम?...? तू बैठ।’’ इस प्रकार वे अपना काम स्वयं ही करते थे। किसी की सेवा लेने के लिये तैयार नहीं रहते थे।ऐसे ह...
- तुझे क्या हो गया?...? गधे ने कहा—महाराज! इस रेगिस्तान में मुझे एक महीने से पानी नहीं मिला। अब प्यास के मारे मेरे प्राण निक...
- तुझे चील्हे बनाने हैं या तवे का अचार डालना है?...? ’ बहिन को समझाकर ज्ञानेश्वर नंगी पीठ करके बैठ गये। उन योगिराज ने प्राणों का संयम करके शरीर में अग्नि...
- तुझे जाना कहाँ है?...? ध्यान कर कहाँ से आया और कहाँ जाना है?
ध्यान का अर्थ—लक्ष्य का चिन्तन
मित्रो! ध्यान की...
- तुझे डॉक्टर के समकक्ष बना दिया जाय तो चलेगा?...? ’’ मैं खुश होकर हामी भरकर घर चला गया तथा डॉक्टर के समकक्ष ‘फेमिली प्लानिंग’ ऑफिसर के पद के लिये अप्ल...
- तुझे तो किसी और काम के लिए भेजा गया है और तू कहाँ रुक गया?...? इस रूप में तो एक बार में एक की ही नाड़ी पकड़ पाता है। पर तू तो एक बार में एक साथ हजारों का इलाज कर सकत...
- तुझे नहीं मालूम कि क्या करना पड़ता है?...? कल गवर्नर आ रहा है। सबकी अकल लग रही है कि देखिए कूड़ा हटाइए, सड़क साफ कीजिए, रास्ता बन्द कीजिए। नाली...
- तुझे मालूम नहीं है, अब तक के संकल्प पूरे हुए हैं, तो क्या अब पूरे नहीं होंगे?...? बिलकुल होंगे। अब देखना होता है कि नहीं होता है, कुछ तो होंगे।
हम तो चाहते हैं कि आपको भी श्रेय मिल...
- तुझे मालूम नहीं है, गायत्री मंत्र क्या है?...? गायत्री मंत्र में तो स्त्री का स्वरूप है। गुरुजी! कहाँ है, स्त्री का स्वरूप? तो क्या है इसमें? इ...
- तुझे शरम नहीं आती, पूछता है क्यों पहनते हैं?...? सभी ब्राह्मण जनेऊ पहनते हैं। लेकिन पण्डित जी ब्राह्मण तो सब पहनते हैं, पर क्यों पहनते हैं? आखिर ये क्...
- तुझे सिद्धियाँ दी तो तू हजम कैसे करेगा?...? यह बता कि मैं आशीर्वाद दिला हूँ, तो तू हजम कैसे करेगा?
इस जीवन में ही अमृत, पारस, कल्पवृक्ष हैं...
- तुझे हमारी शक्ल दिखायी नहीं पड़ती?...? बाल बिखरे हैं, कुर्ता फटा है। ऐसे फटेहाल मजनू होते हैं? उसने कहा कि तब तो हम भी मजनू बनेंगे और दूसरे...
- तुझे, पागल को विवेकानन्द बना दें?...? पात्रता का विकास करें
मित्रो! क्या करना पड़ेगा? आपको आध्यात्मिकता के उन सिद्धान्तों को जीवन म...
- तुम अपना निर्णय स्वयं ही कर लो, क्या सेवा कार्यों में मुझे सहयोग प्रदान कर सकोगे?...?
जिस व्यक्ति ने सेवा के अवसरों को खो दिया हो, वह भला क्या उत्तर देता?
२१. एकान्त नहीं मिला
आचार्य उप...
- तुम इनसे मिलकर आ रही हो, यह कैसे हो सकता है?...? अभी कुछ दिन पहले ही तो इन्होंने अपना शरीर छोड़ा है। तुम जिससे मिलकर आ रही हो वह कोई और होगा। सुनकर मै...
- तुम इस कक्ष में एकान्त में क्या किया करते हो?...? ’’ इनकी पूजा महाराज! उसने उत्तर दिया। कुदाली मुझे सदैव परिश्रम के प्रेरणा देती है और लाठी स्वजनों की...
- तुम उसके पास जाओ और यह पूछो कि हमको भौतिक जीवन में उन्नति कैसे करनी चाहिए?...? भौतिक जीवन की उन्नति करने के लिए हमारा आध्यात्मिक स्तर क्या योगदान कर सकता है? यह बहुत बड़ी बात है। ...
- तुम एक बात बता सकते हो?...? हाँ, बताइये। तुम्हारे पिता जी क्या काम करते हैं और तुम क्या काम करते हो? क्यों? क्या बात है? तुम्ह...
- तुम ऐसा काम करेगी, तो दुनिया हमको क्या कहेगी?...? मित्रो! उसने कहा—तो फिर क्या करना चाहिए? सच्ची बात तो यह है कि मेरा मन तो कहता है कि मैं दू...
- तुम कह रहे थे कि ढाई लाख रुपया कर्ज देना रह गया है, तो अब उस दक्षिणावर्ती शंख ने तो चुका ही दिया होगा?...? नहीं साहब! वह नहीं चुकाया। तो फिर ब्याज तो चुका ही दिया होगा? नहीं साहब! ब्याज भी नहीं चुकाया। धत ते...
- तुम कह रहे थे कि ढाई लाख रुपया कर्ज देना रह गया है, तो अब उस दक्षिणावर्ती शंख ने तो चुका ही दिया होगा?...? नहीं साहब! वह नहीं चुकाया। तो फिर ब्याज तो चुका ही दिया होगा? नहीं साहब! ब्याज भी नहीं चुकाया। धत ते...
- तुम कहाँ जा रहे हो?...? हम तो कहीं नहीं जा रहे, इस दौड़ती हुई मोटर के साथ जा रहे हैं। ये मोटर कौन है, तुम्हारी मौसी है या रि...
- तुम कहाँ रहते हो/रहती हो?...? ’’ इसके उत्तर में वह अपने नाम व रहने के स्थान का पहला अक्षर बतायेगा। ‘प्रश्न पूछने वाला खिलाड़ी’ उसका...
- तुम कहाँ रहते हो?...? उसके उत्तर में वह खिलाड़ी उत्तर देगा/ देगी। मेरा नाम ‘को’ है मैं ‘आ’ पर रहती हूँ। यदि प्रश्न पूछने वा...
- तुम कैसे भगवान हो और तुम कैसे भाई हो?...? मैं अकेली तुम्हारी बहन हूँ। तो उन्होंने यह जवाब दिया—"बहन! कर्मबन्धन से भगवान भी अलग नहीं है।...
- तुम कौन हो?...? भगवान। अरे बाबा! यह कया ऊधम मचाते हो? भगवान का धनुष भगवान ने तोड़ा और दूसरा भगवान लड़ाई लड़ता है। य...
- तुम कौन हो?...? हम तो रामानंदी हैं। रामचन्द्रजी का मन्दिर तो वहाँ है और हम वहाँ जाएँगे, रामचन्द्रजी को पूजेंगे। वो कौ...
- तुम क्या कर रहे हो?...? ’’ दुःख भरे स्वर में श्रुतिधर ने अपनी अब तक की सारी कथा सुनाई और कहा- ‘‘जिस सृष्टि में सर्वत्र अमंगल...
- तुम क्या कहते हो नारद?...? लेकिन नारद ने अपना आग्रह जारी रखा, नहीं मेरी मनोकामना पूरी कीजिए, मुझे मालदार बनाइये, मुझे विषय-वासन...
- तुम क्या कहते हो नारद?...? लेकिन नारद ने अपना आग्रह जारी रखा—नहीं, मेरी मनोकामना पूरी कीजिए, मुझे मालदार बनाइये, मेरी विषय-वासन...
- तुम क्यों परेशान हो रहे हो?...? तुम भी वरदान माँगो।
उसने कहा—महाराज जी! मैं तो यह माँगता हूँ कि इसको आप सुअरिया बना दो। यह जो मेर...
- तुम क्यों हार गये?...? ब्रह्माजी ने उनकी हार के कारण को तलाश किया और ये पता लगाया कि आखिर क्यों हारे? आखिर थे तो ये देव। दे...
- तुम जा रही हो तो एक बात बताती जाओ?...? आप कौन हैं? हम राजा परीक्षित हैं। अच्छा पूछिए, हम आपकी बात का उत्तर अवश्य देंगे। परीक्षित ने कहा कि ...
- तुम जा रही हो तो एक बात बताती जाओ?...? आप कौन हैं? हम राजा परीक्षित हैं। अच्छा पूछिए हम आपकी बात का उत्तर अवश्य देंगे। परीक्षित ने कहा कि व...
- तुम तो दुकान खोलकर भी अपना गुजारा कर लोगे, पर हम कैसे गुजारा कर लेंगे?...? हमें तो भारत को महाभारत बनाना है। छोटे-से भारत को विशाल भारत के रूप में परिणत करना है। उसमें तुम्हार...
- तुम तो यह गंगाजल रामेश्वरम् पर चढ़ाने के लिए ले जा रहे थे, यह क्या किया?...? " उन्होंने कहा—"इस समय मेरे लिए यही ठीक है और यही रामेश्वरम् है। मैं वहाँ जल चढ़ाने जरूर जा रहा था, ...
- तुम तो हमारे दोस्त हो?...? हैं तो सही। उसने कहा—हमारे घोड़ों को, रथ को चलाओ। भगवान ने कहा—अच्छी बात है भाई! जैसा तेरा मन हो, मर्...
- तुम भजन करते हो?...? भगवान् को जानते हो? भगवान् को क्या जानते हो? बेटे, भगवान् को दिया जाता है। भगवान् के आदर्शों को जीवन...
- तुम भी थके हुए हो और मेरी भी तबियत ढीली है, मैं कहाँ से ढूँढ़कर लाऊँ?...? तुम खाना खा लो ना। मैं उनको खिला दूँगी। कैसे खलीफा हो? कैसे गुरु हो? बच्चों का मोह दूर नहीं करते...
- तुम यह अख़बार क्यों बेचते हो?...? उसने कहा—हम अख़बार इसलिए बेचते हैं कि हमारे पिताजी एक ऊँचे सरकारी अफसर हैं और वे यह कहते हैं कि हमार...
- तुम यहाँ क्यों बैठे हो?...? बाहर जाकर खेलते क्यों नहीं? बच्चों की प्रतिभा पर यह कुठाराघात ही कहा जाएगा कि उनकी स्वाभाविक रुचि को...
- तुम यहाँ रहते हो और मोती बीन लाते हो, इसकी वजह क्या है?...? उसने कहा कि भाईसाहब! इसका एक ही उत्तर है—आप बाहर ही बाहर समुद्र की सतह के ऊपर घूमते रहते हैं और भीतर...
- तुम लोग कितने सदस्य हो?...? हम है, हमारी बीबी है और दो बच्चे हैं। बेटे, साढ़े छः सौ रुपये तो बहुत होते हैं। अरे महाराज जी! इतने र...
- तुम लोग मेरी भी मिट्टी पलीद क्यों कर रहे हो?...? मेरी जिन्दगी में ही मुझे क्यों बदनाम कर रहे हो? मेरे जाने के बाद मुझे बदनाम करना? अभी तो अपनी सफाई ...
- तुम लोग समझ सकते हो कि आचार्य जी कौन हैं?...? ’’
आमी जानी, के बाबा के माँ
एक बार गुरुजी-माताजी रिक्शा में बैठ कर कहीं जा रहे थे। मेरे मन में आया...
- तुम वन मत जाओ?...? राम ने उनका मोह तोड़ा और कहा कि सन्तान-सुख बड़ा नहीं है, कर्तव्य बड़ा है।
कृष्ण ने भी गोपियों का ...
- तुम सब अपने आपसे पूछो कि हम तीनों में से क्या हैं?...? जीभ चलाने के साथ कठोर परिश्रम करो, अपनी योग्यताएँ बढ़ाओ व निरन्तर प्रगति पथ पर बढ़ते जाओ।दूसरी बात सह...
- तुम सब अपने आपसे पूछो कि हम तीनों में से क्या हैं?...? जीभ चलाने के साथ कठोर परिश्रम करो, अपनी योग्यताएँ बढ़ाओ व निरन्तर प्रगति पथ पर बढ़ते जाओ।दूसरी बात सहका...
- तुम सब क्यों रो रहे हो?...? अरे साहब! हममें से एक आदमी गायब हो गया है। कहाँ गायब हो गया? मेले में गायब हो गया? मेले में तुम कि...
- तुम सरकस देखने जाते हो तो टिकट देते हो न?...? स्वर्ग देखने के लिये भी तुम्हें उसी प्रकार रुपये देने पड़ेंगे।’’
स्वप्न में लक्ष्मीनारायण सोचने लगा क...
- तुम हमारी मोहब्बत पर विश्वास करते हो?...? हाँ पिताजी! हम आपकी मोहब्बत पर विश्वास करते हैं। तो तुम बैठो हमारे कन्धे पर। बच्चा कुदककर उसके कन्धे प...
- तुमको खाली हाथ ही लौटना पड़ेगा तुझे क्या पता हमारी दौलत का?...? हमारे पास वह दौलत है जो सामने बैठी है जो सामने बैठी है, यह है। इतनी दौलत, पैसे के रूप में मिली और हम...
- तुमने अपने जन्मदिन की पार्टी पर हमें तो बुलाया नहीं?...? ऐसी बातों में बच्चा स्वाधीन नहीं होता, यह जानते हुए भी उसे शर्मिन्दा करना उचित नहीं।
४-बच्चा अगर...
- तुमने क्या भार सौंप दिया है?...? अरे सौंपना उसको कहते हैं कि जब सौंप दिया, तो पूरे दिल से सौंप दिया। जो कुछ आपको कराना है, कराइए, अब ...
- तुमने मुझे मजदूर क्यों नहीं बनाया?...? जो ये सूखी रोटी खा करके भी हट्टे-कट्टे इतने मजबूत हैं और मैं करोड़पति, अरबपति होते हुए भी अन्न को हज...
- तुमने यह क्यों नहीं किया?...? चट्टानों को भी है शिकवा
मित्रो! एक बार बहुत जोर से वर्षा हुई। सब जगह पानी-ही-पानी दिखाई देने...
- तुमने यह क्यों नहीं किया?...? चट्टानों को भी है शिकवा
मित्रो! एक बार बहुत जोर से वर्षा हुई। सब जगह पानी ही पानी दिखाई देने लगा,...
- तुमने सुख नाम की चीज सुनी तो होगी?...? परन्तु किसी ने सुख पाया हो तो मुझे अपना नाम बता दे। कोई है आप में से? नहीं साहब! हम तो सुखी नहीं ह...
- तुममें से कोई आदमी जो यह कह सकता हो कि हमने शान्ति का, चैन का जीवन जिया, आनन्द का जीवन जिया, हँसता हुआ जीवन जिया?...? कोई है आपमें से? कोई नहीं है। अरे लोगो! तुमने सुख नाम की चीज सुनी तो होगी? परन्तु किसी ने सुख पाया...
- तुममें क्या खास बात है?...? ’’ नहीं साहब! हमारे ऊपर शक्तिपात कर दे। इसलिए उन्होंने कहा कि हम शक्तिपात करने वाला गुरु ढूँढ़ रहे थे...
- तुममें से कोई ऐसा आदमी है जिसने सुख पाया है?...? शान्ति पायी हो? नहीं, सब अशान्ति से जलते हुए चले गये। मित्रो! हमारे जीवन के जितने भी क्षेत्र हैं...
- तुम्हारी कोई इच्छा है?...? ’’ हमने कहा ‘‘नहीं गुरुजी, कोई इच्छा नहीं है।’’
अब हम पूरी तरह गुरुजी को समर्पित हो गये। जिससे हमा...
- तुम्हारी क्या दुश्मनी है?...? साँड़ों ने कुछ नहीं सुना और लड़ना जारी रखा। स्वामी जी ने हाथ को ऊँचा किया और दोनों साँड़ों के बीच मे...
- तुम्हारी खास बात क्या है?...? यही कि मैं कितनी किफायतसार हूँ। मैंने दो ही दीनार में पाँच दिन तक काम चलाया और आपको पता भी न...
- तुम्हारी माँ ने क्या सिखाया है?...? तुम तो ऐसी हो, वैसी हो—आदि-आदि। सारे दिन क्लेश से समूचे घर को नरक बना डाला। ऐसा बेवकूफ इंसान है।...
- तुम्हारी व्यक्तिगत कठिनाइयाँ कौन हल करेगा?...? हमारा पुण्य, हमारा तप करेगा। हमारा पुण्य जो पिछले समय से आया है, वह हर एक के काम आयेगा और किसी के का...
- तुम्हारे कपड़े-लत्ते और बोलचाल से मालूम पड़ता है कि तुम्हें किसी सम्पन्न घर का होना चाहिए; क्योंकि इतने कम पैसे में अख़बार बेचते हो, क्या वजह है?...? उसने कहा कि स्वामी जी! आप हिन्दुस्तान से आये हैं। हिन्दुस्तान के तरीके और जर्मनी के तरीके अलग-अलग ...
- तुम्हारे पास क्या है?...? उसके पास भी चार रुपये थे। रखिये, जो भी तुम्हारे पास है। तुम्हारे पास क्या है? पीतल का लोटा है। सबक...
- तुम्हारे पास भावनाएँ कहाँ से आयेंगी?...? तुम्हारे पास भावनाएँ आयेंगी कि दौड़-दौड़कर पैसा आना चाहिए। तेरा मन नहीं लगता। कहाँ भाग जाता है? आज के ...
- तुम्हारे पिता जी क्या काम करते हैं और तुम क्या काम करते हो?...? क्यों? क्या बात है? तुम्हारे कपड़े-लत्ते और बोलचाल से मालूम पड़ता है कि तुम्हें किसी सम्पन्न घर का ह...
- तुम्हारे पुण्य तो नष्ट हो गये किन्तु इसके पुण्यों का लाभ आज भी धरती वाले ले रहे हैं क्या यह सबसे बड़ा पुण्य नहीं?...? महात्मा सोचने लगे अब की पृथ्वी में जन्मा तो मैं वृक्षारोपण खूब करूँगा। (४) चिलांगा के किसान राल्फऐन्...
- तुम्हारे लिए फिजूल का कहाँ है?...? तुम ब्राह्मण ही हो, पर कहीं भी चिन्तन गड़बड़ाता हो, तो उस चिन्तन को तुम साफ करना। आगे आने वाले समय में...
- तुम्हारे साथ जब हम दो हैं तो फिर यह अजूबा काम नहीं कर सकता क्या?...? आप आगे की पंक्ति में नहीं आ सकते? आगे नहीं चल सकते? आपमें क्या कमी है? मेरी निगाह से पूछिए आप प्रत्य...
- तुम्हारे सामने क्यों हाथ फैलाएँगे?...? हम उस भगवान के सामने नहीं फैलाएँगे, जिसने सारे कार्य पूरे किए हैं।
आपको मालूम होना चाहिए कि गुरुजी ...
- तुम्हारे स्वागत में कोई कमी है क्या?...? या हमने आपको जो बुलाया है, तो सम्मानपूर्वक नहीं बुलाया? क्या बात है, जरा बताइए तो सही?"
उस ब्राह...
- तुम्हारे हिस्से में अस्सी रुपये आए थे, सो वह क्यों नहीं लिया?...? अरे साहब! हमारा तो गुजारा हो जाता है. आपको तंगी पड़ती है, आप ही ले लीजिए। अस्सी रुपये का घी आपके लिए...
- तुम्हें इस जगह पर क्या मजा आता है?...? उन्होंने कहा—इस मजे को और इस आनन्द को चखना हर आदमी का काम नहीं है। क्यों? क्योंकि हर आदमी इंद्रियों क...
- तुम्हें इससे क्या लेना-देना?...? वाह! लेना-देना क्यों नहीं? यह अन्तर्राष्ट्रीय कम्युनिस्ट पार्टी का झण्डा है, आपने इसे जला दिया और खा...
- तुम्हें इससे क्या शिकायत?...? तुम्हें इससे क्या लेना-देना? वाह! लेना-देना क्यों नहीं? यह अन्तर्राष्ट्रीय कम्युनिस्ट पार्टी का झण्ड...
- तुम्हें क्या मालूम है?...? गुरुजी परिजनों को अपने साथ ले जाया करते थे। उसके कन्धे पर हाथ रखकर कहते, चल बेटा, जमुना जी वहाँ बैठें...
- तुम्हें पैसा-पैसा की लगती है, हाय पैसे के बिना क्या हमारा काम नहीं चलेगा?...? तुम नहीं दोगे, तो भगवान देगा ऊपर से। भगवान ने सारे काम पूरे किए हैं, वही पूरा करता रहेगा। आपके पैसे ...
- तुम्हें भीख माँगने की आवश्यकता क्यों पड़ गई?...? मेहनत-मजदूरी क्यों नहीं करते? भीख तो भगवान से भी मत माँगो, भगवान से माँगो वह शक्ति; ताकि हम सारे संस...
- तुम्हें भीख माँगने की आवश्यकता क्यों पड़ गई?...? मेहनत मजदूरी क्यों नहीं करते? भीख तो भगवान से भी मत माँगो, भगवान से माँगो वह शक्ति, ताकि हम सारे संस...
- तुम्हें मालूम है?...? एक-एक पैसा जनता देती है। वह कितनी कठिनाई से कमाती है, फिर हमें भेजती है।’’
मैंने कहा गुरुजी, ‘‘हम ल...
- तुम्हें सन्तान नहीं है?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘नहीं गुरुजी।’’ तो पूछा, ‘‘तुम्हें कामना भी नहीं है।’’ मैं बोला, ‘‘नहीं गुरुजी, अब हम...
- तुम्हें हमको खिलाने की गुंजाइश नहीं है?...? हम पढ़ें, तो नौकरी करें और तुम्हारे यहाँ सब रोटी खाएँगे! जाओ, हमको हमारे माँ-बाप के यहाँ भेज दो। हमें...
- तुलसी के पत्ते खाने वाले और तलवार घुमाने वाले कहीं सन्त होते हैं क्या?...? उन्होंने कहा—नारद। जरा पता तो लगाएँ कि भाई मामला क्या है? यह तो सही है कि इसका आशीर्वाद फलित हो जाता...
- तुलसी माला से या रुद्राक्ष माला से?...? मित्रो! यह सब चीजें मंत्रों से प्राप्त की जा सकती हैं, अगर व्यक्ति का उच्च व्यक्तित्व हो। सारे मंत्र...
- तुलसीदास ने भक्ति की, तो कैसी मजेदार भक्ति की कि बस पीपल के पेड़ पर से, बेल के पेड़ पर से कौन आ गया?...? भूत आ गया। उन्होंने कहा कि हमको भगवान् के दर्शन करा दो। उस भूत ने कहा कि भगवान् के तो नहीं करा सकत...
- तुलसीदास का नाम सुना?...? जब थे कामुक तो कैसे थे जब उनकी स्त्री चली गयी पिता के घर तो वहाँ जा पहुँचे वह सुना है न किस्सा आपन...
- तुलसीदास जी का उद्धार कैसे हो गया और उनमें क्या खराबी थी?...? साहब! आपको मालूम नहीं है, वे बहुत खराब आदमी थे। तुलसीदास जी बडे कामुक थे। उनकी काम-वासना इतनी तीव्र ...
- तुलसीदास जी का उद्धार कैसे हो गया और उनमें क्या खराबी थी?...? साहब! आपको मालूम नहीं है, वे बहुत खराब आदमी थे। तुलसीदास जी बड़े कामुक थे। उनकी काम-वासना इतनी तीव्र ...
- तुलसीदास जी जो कामी थे, उन्हें यह भी होश नहीं कि कहाँ चले जा रहे हैं?...? नाव में बैठकर जा रहे हैं, कि लाश पर बैठकर जा रहे हैं, कि रस्सी को खींचते हुए जा रहे हैं, कि साँप को ...
- तुलसीदास जी जो कामी थे, उन्हें यह भी होश नहीं कि कहाँ चले जा रहे हैं?...? नाव में बैठकर जा रहे हैं, कि लाश पर बैठकर जा रहे हैं, कि रस्सी को खींचते हुए जा रहे हैं, कि साँप को ...
- तुलसीदास जी निकम्मे आदमी थे, आपने उनके सारे किस्से सुने हैं, लेकिन जब भगवान ने उनको प्यार किया तो क्या- क्या हुआ?...? भगवान के प्यार में एक ही विशेषता है कि जैसे पारस लोहे को छुएगा तो उसे सोना बना देगा। तुलसीदास भी सोन...
- तुलसीदास जी निकम्मे आदमी थे, आपने उनके सारे किस्से सुने हैं, लेकिन जब भगवान ने उनको प्यार किया तो क्या-क्या हुआ?...? भगवान के प्यार में एक ही विशेषता है कि जैसे पारस लोहे को छुएगा तो उसे सोना बना देगा। तुलसीदास भी सोन...
- तुलसीदास ने क्या काम किया?...? तुलसीदास ने जब अपनी दिशाएँ बदल दीं, जब उनकी बीबी ने कहा, नहीं, तुम्हारे लिए ये मुनासिब नहीं है। क्...
- तुलसीदास ने क्या काम किया?...? तुलसीदास ने जब अपनी दिशाएँ बदल दीं, जब उनकी बीबी ने कहा, नहीं, तुम्हारे लिए ये मुनासिब नहीं है। क्या...
- तुलसीदास ने भक्ति की, तो कैसी मजेदार भक्ति की कि बस पीपल के पेड़ पर से, बेल के पेड़ पर से कौन आ गया?...? भूत आ गया। उन्होंने कहा कि हमको भगवान के दर्शन करा दो। उस भूत ने कहा कि भगवान के तो नहीं करा सकते, ह...
- तू अकेले वहाँ क्यों बैठ गयी थी?...? ’’ तब उन्हें समझ में आया कि गुरुजी ने ही उन्हें विपत्ति से बचाया था। करेण्ट लगने पर जीवन रक्षागुना क...
- तू अपनी को माला क्या समझता है—मशीनगन?...? खटाखट, फटाफट चलाऊँगा और सबको मार डालूँगा। किसको मार डालेगा? हनुमान जी को मार डालूँगा, सन्तोषी माता को...
- तू अपनी माला को क्या समझता है—मशीनगन?...? खटाखट, फटाफट चलाऊँगा और सबको मार डालूँगा। किसको मार डालेगा? हनुमान जी को मार डालूँगा, सन्तोषी माता को...
- तू अपनी स्त्री को क्या कभी एक चम्मच जल से स्नान करा सकता है, फिर गायत्री माता तो बड़ी हैं, उन्हें कैसे करा देगा स्नान?...? महाराज जी! ‘स्नानम् समर्पयामि’ कहकर। बेटे! तू असली मकसद को समझता नहीं है, केवल पानी, चम्मच आदि के चक...
- तू इतनी सुंदर युवती है और तू इस कोढ़ी के साथ क्या रहेगी?...? तू हमारे साथ चल। हमारे यहाँ गाड़ियाँ हैं। हमारे यहाँ खाने-पीने की अच्छी व्यवस्था है, कोठी है और न जा...
- तू उस आँख से देख कि मेरा स्वरूप क्या है?...? भगवान ने अर्जुन की, विवेक की आँखें खोल दी। अर्जुन ने देखा कि यह सारा ब्रह्माण्ड, सारा विश्व, सारी वस...
- तू ऐसा सब क्यों सोचती रहती है?...? ’’ मैं गुरुजी की बात सुनकर हक्की-बक्की रह गई। ‘‘गुुरुजी मन की बात भी पढ़ लेते हैं! मेरे हृदय की सब बा...
- तू कभी इसके बारे में सोचता है क्या?...? अरे तूने इतने सारे बच्चे पैदा कर लिए? इसे नासमझी के अतिरिक्त और क्या कहा जाय?भगवान् ने कहा कि मैंने ...
- तू करता है कि नहीं करता?...? ये बता! नहीं, महाराज जी, हम तो नहीं करते, तो शाखा वाले ठण्डे हो गए और शाखा वाले गरम हो गए। बेकार की ...
- तू कल वहाँ बैठकर जलेबी खा रहा था, वह कहाँ से आई थी?...? अरे! हमारी लैला खिलाती है। हम तो मजनू हैं। मजनू में क्या बात है? तुझे हमारी शक्ल दिखायी नहीं पड़ती? ...
- तू कहता है कि गुरुजी आप हमारे बीबी को अच्छा कर दीजिए और हम आपके शाखा का काम करेंगे?...? बेटे! यह तो डॉक्टर एवं मरीज की बात हो गई। डॉक्टर के पास मरीज जाता है, वह दवा देता है तथा मरीज उसके ए...
- तू कहाँ जंजाल में फँस रहा है, हमारे काम नहीं आएगा क्या?...? हमारे से मतलब यह मत समझना कि माताजी यह कह रही हैं कि बेटे! तू हमारे काम आ और हम थक गए, देख अब हमसे क...
- तू कहाँ तक बचेगा?...? मैं तुझे छोड़ेंगी नहीं, जब तक कि मैं तुझे चबा न जाऊँ। मनुष्य का स्वार्थ बहुत बड़ा है। हनुमान कहाँ तै...
- तू कहाँ था?...? तू भी खाले। जी मालकिन! आपने अभी बुलाया कहाँ था? हाँ, ठीक है, यहाँ आ जा। बैठ जा, यहाँ आ और खाना ख...
- तू कहाँ से आ गया?...? छोटे भाई के यहाँ से आ रहा है? हाँ तो ठीक है, पर तो खाना-पीना खा ही आया होगा? चल तो अच्छा रहा, बैठ जा...
- तू कहाँ से आया है?...? तू क्या काम करता है? नाम से तो जानती हूँ लेकिन कई बार चेहरा भूल जाता है। मैंने उससे कहा, हाँ बेटे, ऐ...
- तू कहाँ है?...? -एक गोला बनाकर, उसमें दो बालकों को उनकी आँखें रूमाल से बाँधकर कर खड़ा करेंगे। इन दो में से एक (छूनेवा...
- तू काहे को इस झगड़े में पड़ता है?...? अपने पेड़ पर बैठा रह और अपने मतलब से मतलब रख। अपने काम से काम रख और अपने नाती-पोतों को खिलाया कर। म...
- तू काहे को घबरा रहा है?...? चल आगे आ जा। आगे आ गया। कहाँ चला गया। समर में चल, लड़ाई के मैदान में चल।
पहले कोई जमाना था, जबकि क्...
- तू कितने वर्ष का हो गया?...? महाराज जी! चालीस वर्ष का हो गया। लक्ष्मी जी की पूजा करते-करते कितने वर्ष हो गये? हमने चालीस दीवाली...
- तू किस झगड़े में लगा है, तू चलेगा नहीं क्या?...? अभी हमें बी० ए० का इम्तहान देना है। आप बार-बार क्यों आ जाते हैं? जब हमारी इच्छा होगी तब आ जाएँगे। नह...
- तू किस झगड़े में लगा है, तु चलेगा नहीं क्या?...? अभी हमें बी० ए० का इम्तहान देना है। आप बार बार क्यों आ जाते हैं? जब हमारी इच्छा होगी तब आ जाएँगे। नह...
- तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है?...? ? लालाजी के या पण्डित जी के? पण्डित जी के। क्यों?? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमज...
- तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है?...? लालाजी के या पण्डित जी के? पण्डित जी के क्यों? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर...
- तू किसको प्रणाम करता है-बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है?...? लालाजी के या पण्डित जी के? पण्डित जी के क्यों? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर...
- तू कुन्दन क्यों नहीं बनता है?...? तू लोहे का क्यों है? लोहा नहीं बनना चाहिए, आपको सोना बनना चाहिए, आपको हीरा बनना चाहिए, आपको क्वान्टि...
- तू कुन्दन क्यों नहीं बनता है?...? तू लोहे का लोहा क्यों है? लोहा नहीं बनना चाहिए, आपको सोना बनना चाहिए, आपको हीरा बनना चाहिए, आपको क्व...
- तू कैसा है?...? साहब! मैं तो बड़ा अच्छा हूँ। चुप, दुष्ट कहीं का! तू अच्छा रहा होता तो कितनों को पार कर दिया होता और ...
- तू कोई स्त्री है?...? हूँ तो लड़का पर मुझे भी तो अच्छी स्त्री चाहिए। तिलक ने बच्चे को स्नेह से गले लगाते हुए कहा-बेटा स्त्र...
- तू कौन है?...? मैं तो रामेश्वरम् हूँ। तो यहाँ क्यों पड़ा हुआ था? उन्होंने कहा कि मैं सन्त की परीक्षा लेने के लिए पड़ा ...
- तू क्या कर रही है?...? आज तो मैं शादी-ब्याह कर रही हूँ। दावत बना रही हूँ। दावत में कितना पैसा खर्च होता है, यह भी नहीं ...
- तू क्या करता है इस मोटर का?...? गुरुजी! हमारे बच्चे इससे कॉलेज पढ़ने जाते हैं। हमारी लड़कियाँ पढ़ने जाती हैं। मोटर पहुँचाने जाती है...
- तू क्या कह रहा था?...? नहीं साहब! मैं तो मनोकामना की बात कह रहा था। बेटे! मनोकामना की बात तो ठीक है, पर इसका होगा क्या? भगव...
- तू क्या काम करता है?...? नाम से तो जानती हूँ लेकिन कई बार चेहरा भूल जाता है। मैंने उससे कहा, हाँ बेटे, ऐसा ही है, तुम बताओ, क...
- तू क्या गुरुजी बन जायेगा?...? नहीं, ऐसे गुरुजी नहीं बनेगा। इसके लिए क्या करना पड़ेगा।मित्रो! करना यह पड़ेगा कि आपको स्वयं में, एक ...
- तू क्या चाहता है?...? साहब! कर्म के द्वारा जो अच्छे फल मिलने चाहिए, वह हम कर्म की अपेक्षा पूजा और पाठ के उपरांत पाना चाहते...
- तू क्या समझता था?...? हम तो यह समझते थे कि ये सब प्रारम्भिक वस्तुएँ हैं और उनसे ही सफलता मिल जाती है। मसलन आपके हाथ में छेन...
- तू क्या समझता था?...? हम तो यह समझते थे कि ये सब प्रारम्भिक वस्तुएँ हैं और उनसे ही सफलता मिल जाती है। मसलन आपके हाथ में छेन...
- तू क्या सोता है?...? तू तो अमीर है! क्या अमीर है तू? मित्रो! हर आदमी के लिए मुकर्रर कोटा तय है। उतना ही इस्तेमाल कर सकता ...
- तू क्यों घबराता है?...? ’’ कहते हुए अपने चित्र में समा गये। उस दिन से गुरुवर के प्रति मेरी श्रद्धा और भी प्रगाढ़ हो गई।’’
ता...
- तू क्यों चली आई?...? क्या मैं बच्चा हूँ, जो तू लेने चली आई? अगले दिन 27 तारीख को हम लोग वल्लभगढ़ के लिये रवाना हुए। गुरुजी...
- तू क्यों दुःखी होता है?...? तेरा भी एक वरदान ड्यू है, तू माँग।
बच्चे ने कहा कि भगवान मेरी तो जैसी माँ थी, वैसी ही बना दो। तो ...
- तू क्यों परेशान हो रहा है?...? तू क्यों दुःखी होता है? तेरा भी एक वरदान ड्यू है, तू माँग।
बच्चे ने कहा कि भगवान मेरी तो जैसी माँ...
- तू चलता कहाँ है?...? दर्शन कर जाता। दिशाशूल बैठा हुआ है, काट खायेगा। हाँ महाराजजी, अब नहीं जाऊँगा। जाना मत। वो दिशाशूल बै...
- तू चाहता तो अपने एकलौते भानजे को बचा नहीं सकता था?...? "
कृष्ण ने कहा—"हे बहन! भाई मैं तेरा जरूर हूँ। इसमें कोई शक नहीं है; लेकिन प्रारब्ध जन्म के जो भोग...
- तू छोटा बच्चा, छोटा भाई है और तुझे ही गद्दी पर बैठना चाहिए?...? तू गद्दी पर बैठ। भरत कहते थे कि आप बड़े भाई हैं और आप पिता के तुल्य हैं, आपको ही गद्दी पर बैठना चाहि...
- तू जाकर बोल कि यदि तुम दक्षिण भारत की लड़की स्वीकार नहीं करते तो फिर माँ को दक्षिण भारतीय साड़ी क्यों पहनने देते हो?...? वहाँ के चावल और लौंग इलाइची भी खाना बन्द कर दो।’’ बहू को स्वीकृति मिल गई।एक दिन चिन्मय ने माताजी (अपन...
- तू जानता है उपवास किसलिए करते हैं?...? उपवास इसलिए करते हैं—पेट पर पट्टी बाँधते हैं कि अमुक दिन हम नहीं खायेंगे और उससे जो बचत होगी उसे अच्...
- तू जानता है कि 'लिविंग स्टैंडर्ड' किसको कहते हैं?...? जीवन यापन करने की पद्धति को 'लिविंग स्टैंडर्ड' कहते हैं। नहीं साहब! 'लिविंग स्टैंडर्ड' बड़े आदमी का ...
- तू जो सन्त-महात्माओं की सेवा करता है, भगवान का भजन करता है, वह किस काम के लिए करता है?...? यही वरदान माँगने के लिए, आशीर्वाद पाने और कुछ सिद्धियाँ पाने के लिए करता हूँ। बेटे! ये सिद्धियाँ, ये...
- तू जो सन्त-महात्माओं की सेवा करता है, भगवान का भजन करता है, वह किस काम के लिए करता है?...? यही वरदान माँगने के लिए आशीर्वाद पाने और कुछ सिद्धियाँ पाने के लिए करता हूँ। बेटे! ये सिद्धियाँ ये व...
- तू तो कुछ काम करता है कि नहीं करता है?...? नहीं साहब! मैं तो नहीं करता।बेटे! काम तो करना चाहिए। समाज के लिए करना चाहिए। अपने लिए करना चाहिए, कि...
- तू तो कुछ काम करता है कि नहीं करता है?...? नहीं साहब! मैं तो नहीं करता। बेटे! काम तो करना चाहिए। समाज के लिए करना चाहिए। अपने लिए करना चाहिए कि...
- तू तो देवी है, फिर नुकसान क्यों करती है?...? ऐसी देवी सारे हिन्दुस्तान में फैल गई हैं। सारे देश में देवी-देवताओं के, भक्ति के और भगवान के नाम पर अ...
- तू तो भीख माँगकर खाती है, दूसरों को क्या खिलाएगी?...? सुप्रिया ने कहा-हाँ मैं आज से इन पीड़ितों के लिए घर-घर जाकर भीख माँगकर लाऊँगी, पर किसी को मरने नहीं ...
- तू तो वह खबर लाया है कि मेरे पेट में न मालूम क्या होने लगा है?...? अच्छा होता कि तूने अपना यह मुँह बन्द रखा होता। वह जाएँगे, तो जाएँगे ही। हाँ, हमने यह भी कहा है कि हम...
- तू नास्तिक है न?...? हाँ साहब! मैं नास्तिक हूँ। मैं भगवान को नहीं मानता। तब भी बेटे! हम तुझे ऋषि कहेंगे; क्योंकि तेरा जीव...
- तू बताना यों मालूम पड़ रहा था?...? नहीं, हमको तो यों सीधा मालूम पड़ रहा था। आपने मौत का कुआँ कभी देखा है? मौत के कुएँ में मोटरसाइकिल वाल...
- तू ब्याह कैसे कर सकता है?...? बृहस्पति को ब्याह कर लूँ? बृहस्पति को ब्याह कर लेगा, तो बृहस्पति जिन्दा नहीं छोड़ेगा, सबको मार डालेगा...
- तू भगवन् को ऐसा समझता है?...? नहीं महाराज जी! आप बुला दीजिए। बेटे! हममें तो ताकत है नहीं, तुझमें ताकत है तो बुला ले हनुमान जी को। ...
- तू भगवान को ऐसा समझता है?...? नहीं महाराज जी! आप बुला दीजिए। बेटे! हममें तो ताकत है नहीं, तुझमें ताकत है तो बुला ले हनुमान जी को। ...
- तू भी इसके संग का है?...? चेला बहुत घबराया। उसको मजिस्ट्रेट के सामने पेश होना पड़ा। उसने कहा कि मैं कसम खा करके कहता हूँ कि...
- तू भी उसमें से लोटे में भरकर ले जाना और देखना कि यह पानी खराब हो जाएगा क्या?...? खराब नहीं हो सकता। अब यह सड़ेगा नहीं। क्यों? क्योंकि अब यह गंगाजी में शामिल हो गया।
सामीप्य ...
- तू भी कुछ देगा क्या?...? विद्यार्थी बोला- ‘गुरुदेव! मेरे पास क्या है? मैं क्या दे सकता हूँ।’ लौंग का एक जोड़ा लेकर गुरुदेव क...
- तू मानता क्यों नहीं है?...? बेटे, कोई चमत्कार नहीं है। अगर दुनिया में कोई चमत्कार है, तो एक ही है कि आदमी अपनी खोई हुई शक्तियो...
- तू मुझे कुछ देगा क्या?...? मैंने तुझे विद्या दे दी, प्यार दे दिया, बल दे दिया। तू भी कुछ देगा क्या?विद्यार्थी बोला- ‘गुरुदेव!...
- तू मुझे प्रसाद नहीं खिलाएगी क्या?...? शबरी ने कहा भगवान का प्रसाद भक्त खाया करते हैं। राम ने कहा- नहीं शबरी केवल भगवान का प्रसाद भक्त ही...
- तू मेरा भक्त है?...? नहीं है, तू बेकार की बातें करता है। नहीं, मैं आपका भक्त हूँ। तो फिर ला, तेरी सबसे प्यारी चीज कौन सी ...
- तू मेरी लड़की को छोड़कर आया कैसे?...? उसे तुरन्त लेकर आ।’’
उन्होंंने नीचे माताजी को प्रणाम किया और सब बात बताई। माताजी ने कहा, ‘‘गुरुजी ने...
- तू मेरे पीछे चलना चाहता है कि मुझे अपने पीछे चलाना चाहता है?...? हमने कहा कि हम ऐसी गुस्ताखी नहीं कर सकते कि हम जैसे घटिया आदमी आपसे यह कहें कि आप पीछे चलिए और हम जो...
- तू यह बता कि तूने अपने जीवन का परिष्कार कर लिया कि नहीं, तभी बेटे बात बनेगी अन्यथा नहीं?...? हमारे गुरु ने हमें बार-बार बुलाया है। बार-बार बुलाने की शृंखला उन्होंने उस समय से प्रारम्भ की जिस समय...
- तू यहाँ का चौकीदार है?...? हाँ साहब! चोरी हो गयी। लगता है तू भी चोरों से मिला हुआ है और चोर पकड़कर यहाँ लाया है। नहीं साहब! हम...
- तू रोटी खा करके आया?...? रोटी खा करके कहाँ से आया, सबेरे का वक्त है। अच्छा तो चल चाय पी। अरे भाई! अपनी मामी के पास जा। अरे! य...
- तू लगाती अपनी लड़की की शादी में, वह और किसी की शादी में लग गया, क्या फरक पड़ता है?...? कभी यह भी सोचा क्या कि सारा का सारा समाज यह भी अपना अंग है? यह भी तो हमारा ही है।...
- तू लोहे का क्यों है?...? लोहा नहीं बनना चाहिए, आपको सोना बनना चाहिए, आपको हीरा बनना चाहिए, आपको क्वान्टिटी नहीं, क्वालिटी बनन...
- तू लोहे का लोहा क्यों है?...? लोहा नहीं बनना चाहिए, आपको सोना बनना चाहिए, आपको हीरा बनना चाहिए, आपको क्वान्टिटी नहीं क्वालिटी बनना...
- तू वही लड़की है?...? उसने कहा—हाँ, महाराज जी! मैं वही लड़की हूँ, तो फिर तेरा बच्चा कहाँ है? उसने बच्चे को उनके चरण...
- तू व्यायाम क्यों नहीं सीखता?...? अरे उमा की माँ। तू बीमार रहती है, तेरा पेट खराब रहता है। चल मैं तुझे व्यायाम सिखाता हूँ। तू क्यों ...
- तू शरीर है न?...? हम पर हुकूमत चलाना चाहता है। अगर शरीर हमारे ऊपर हावी होता है और यह कहता है कि शरीर की मरजी से मन को ...
- तू समझता क्यों नहीं है?...? अरे ये प्रतीक है। हँस पर गायत्री नहीं बैठ सकती। हँस पर कैसे बैठ सकती है, हँस तो जरा सा होता है और गा...
- तू समझता तो है नहीं कि मैं क्या कहता हूँ?...? तू एकांगी बात लिए फिरता है, जबकि अध्यात्म एकांगी नहीं हो सकता। एकांगी अध्यात्म सम्भव नहीं है।मित्रो! ...
- तू समझता नहीं है कि तू किस काम के लिए आया है और तेरे बिना हमारा कितना काम हर्ज हो रहा है?...? महाराज जी अभी हमको नौकरी करनी है। नहीं बेटे, नौकरी नहीं करनी है, तुझे तो हमारा काम करना है। एक दिन त...
- तू समझता नहीं है क्या?...? महाराज जी मैं बी.ए. करूँगा, एम.ए. करूँगा, नौकरी करूँगा। नहीं बेटे, तू नौकरी करेगा, तो मेरा काम हर्...
- तू समझता नहीं है क्या?...? महाराज जी मैं बी० ए० करूँगा, एम० ए० करूँगा, नौकरी करूँगा। नहीं बेटे, तू नौकरी करेगा, तो मेरा काम हर्...
- तू समझता है कि टाइम किसे कहते हैं?...? समय किसे कहते हैं? अरे अभागे ! तूने तो सारा वक्त बेकारी में, गप्पबाजी में, आवारागर्दी में, निरर्थक क...
- तू समझता है कि श्रीकृष्ण भगवान से सुख मिलेगा?...? बेटे, तू भगवान श्रीकृष्ण की जिन्दगी को पढ़ ले। वे जेलखाने में पैदा हुए, फिर पूतना, बकासुर, तृणावर्त...
- तू हमारा यह सिद्धान्त मान ले, हम तेरी बात मान लेंगे कि यह एक कहानी है और यह गलत है कि आदमी के पेट में समुद्र कैसे समा सकता है और जब वह पेशाब करने बैठेगा, तो कितना टाइम लगेगा?...? हजारों-लाखों वर्ष लग जायेंगे। कहाँ तक पेशाब करेगा? लेकिन हमारी यह बात सही है कि आदमी का संकल्प इतन...
- तूने अकल कहाँ खरच की, मशक्कत कहाँ की?...? तूने समय कहाँ खरच किया, इसका जवाब दे। अगर इसके पास कोई जवाब है, तो भगवान की तरफ से, सिद्धपुरुषों की ...
- तूने अपनी संकीर्णता सौंपी है कि नहीं?...? नहीं, यह नहीं सौंपी है। यह सौंप दिया है, जो मुझसे नहीं हो रहा है, वो काम आप करा दीजिए। बेटा! तूने कु...
- तूने क्या कहा?...? वहाँ कौन थे? फिर क्या हुआ?' आपके ऐसे प्रश्न बच्चे को दूसरे की बातों में दखल देने की प्रेरणा देते हैं...
- तूने धनुर्विद्या किससे सीखी?...? एकलव्य ने कहा—गुरुजी! आपसे ही सीखी। आप ही मेरे गुरु हैं। गुरु द्रोणाचार्य ने कहा—मैं तो नहीं आया तुझ...
- तूने पेट में स्नान करा लिया?...? नहीं महाराज जी! पेट में तो मल भरा हुआ है, पेशाब भरा हुआ है। अच्छा, तो तू उसको नहीं निकाल सकता है, पर...
- तूने पेट में स्नान करा लिया?...? नहीं महाराज जी! पेट में तो मल भरा हुआ है, पेशाब भरा हुआ है। अच्छा, तो तू उसको नहीं निकाल सकता है, पर...
- तूने बदल दिया कि नहीं?...? हाँ महाराज जी! मैंने तो बदल दिया। बेटे बदल गया, तो हम भी बदल गए।मित्रो! अब हमारा कुटुम्ब जवान हो गय...
- तूने बदल दिया कि नहीं?...? हाँ महाराज जी! मैंने तो बदल दिया। बेटे-तू बदल गया, तो हम भी बदल गए। मित्रो! अब-हमारा कुटुम्ब जवान हो ...
- तूने यह क्या रख दिया?...? बदबू के मारे मेरी नाक सड़ी जा रही है और मुझे उल्टी होने वाली है। पत्नी ने कहा कि ये वह बैंगन हैं, ज...
- तूने ये दो शब्द कहीं से सुन लिए हैं कि कोई गुरु होता है और कोई चेला होता है, किन्तु इनका मतलब नहीं समझता है कि गुरु-चेला का अर्थ क्या है?...? बेटे! गुरु और चेला का मतलब होता है—गाँधी और जवाहरलाल नेहरू जैसा, रामकृष्ण और विवेकानन्द जैसा। महाराज ...
- तूने सारे के सारे ट्रैवलर चेक ऐसे ही खराब कर दिए?...? हर दिन नया जन्म, हर रात नई मौत— बेटे! मरने के दिन आपको जिन्दगी का सारा एकाउण्ट देना होगा।...
- तूने सूराख किया?...? नहीं साहब! नहीं किया। वे सब बड़े खराब हैं। हाँ बेटे! तेरा कहना बिलकुल सही है। वे सब बड़े खराब हैं, ज...
- तूने हमको क्यों नहीं खिलाया?...? मित्रो! बड़ी भारी अराजकता फैल जाएगी इस तरह और फिर न जाने क्या-से होता चला जाएगा।...
- तूने, महीने भर हो गया, शंकर जी को न तो कुछ खाना खिलाया, न दवाई दी, फिर तुम्हारी मनोकामना कैसे पूरी करेंगे?...? अच्छा महाराज जी! मैं शंकर जी के लिए दवा लेकर आऊँ। ये लीजिए, आक के फूल खा लीजिए और ये धतूरे के फल खा ...
- तूफान आये तो क्या?...? न हिलता है, न डुलता है। गिरने की बात ही नहीं उठती।मित्रो! कबूतर भी एक पक्षी है। वह भी घोंसला बनाता ह...
- तृष्णा किसे कहते हैं?...? उन्होंने अपना व्यक्तित्व और चरित्र उच्चकोटि का बनाकर रखा था। उसी के फलस्वरूप उनके मंत्र सार्थक होते ...
- तृष्णा क्या है?...? बेटे! आपने बेटे की शादी में लाखों रुपए खरच कर दिया। ऐसा क्यों किया, जबकि आपको इसका सूद मिलता था। अब ...
- तेज बहती हुई नदी के बीच धार में तुम्हें खड़ा कर दिया जाए और पूछा जाए कि पानी के कितने और कौन से परमाणु तुम्हारे हैं, तब क्या उत्तर दोगे?...? विचार करोगे कि पानी की धारा बराबर बह रही है। पानी के जो परमाणु इस समय मेरे शरीर को छू रहे हैं, पलक म...
- तेजाब डालने के बाद कहाँ ले जाता है?...? घाट पर ले जाता है और क्या करता है? उसे पत्थर पर पछाड़-पछाड़ कर दे मारता है और धो-धो करके उसका सारा क...
- तेजाब डालने के बाद कहाँ ले जाता है?...? घाट पर ले जाता है और क्या करता है? उसे पत्थर पर पछाड़-पछाड़कर दे मारता है और धो-धो करके उसका सारा का स...
- तेजोवलय क्या है?...? यह इलेक्ट्रिसिटी है। कैसी इलेक्ट्रिसिटी है? आध्यात्मिक इलेक्ट्रिसिटी है, जिसको हम ओजस् कहते हैं। जिस...
- तेरह में से क्या हुआ?...? उनके खिलाफ गिरफ्तारी का वारंट जारी हुआ। उनके ऊपर तीस रुपये का इनाम था कि जो कोई भी ईसामसीह को गि...
- तेरा एक घण्टा कितने दाम का है?...? एक रुपया, एक घण्टे की मजदूरी होती है। तीन घण्टे लगाता है। हाँ साहब! नौ दिन लगाता हूँ। चल सत्ताईस रुपये...
- तेरा वजन कितना है?...? सौ मन है। अच्छा! गायत्री माता कितनी भारी हो सकती हैं? गायत्री माता का भार भी ढाई मन हो सकता है। तीन ...
- तेरी उपासना का जो परिणाम मिलना चाहिए था, उससे जिस वातावरण का परिशोधन होना चाहिए था, उस वातावरण का परिशोधन हुआ क्या?...? जिस उद्देश्य से हमने प्रेरणा दी थी, शक्ति दी थी और दीक्षा दी थी, शिक्षा दी थी। न हमारा उद्देश्य पूरा...
- तेरी कुल्हाड़ी लोहे की है?...? " लकड़हारे ने कहा—"आपके लिए तो लोहे की है, पर मेरे पास तो पैसे नहीं हैं। मेरे लिए तो वह सोने-चाँदी स...
- तेरी घंटरिया सुनने के लिए भगवान आयेंगे?...? वे तेरे तरीके से ऐसे ही फालतू बैठे रहते हैं? घंटरिया बजा दी और वे आ गये। फिर दुबारा घंटी बजायी। कि...
- तेरी दुकान में कितने हिस्सेदार हैं?...? दो हिस्सेदार हैं तो उनको भी मुनाफा देता है कि नहीं। महाराज जी! दिया करूँ? हाँ बेटे! उसे दिया कर। तेर...
- तेरी दुकान में कितने हिस्सेदार हैं?...? दो हिस्सेदार हैं तो उनको भी मुनाफा देता है कि नहीं। महाराज जी! दिया करूँ? हों बेटे! उसे दिया कर। तेर...
- तेरी पूरी करनी चाहिए और तू भगवान् की मनोकामना पूरी नहीं करेगा?...? मैं क्यों करूँगा? मैं तो अँगूठा दिखा दूँगा भगवान को।
ढूँढ़ना है इस जमाने में ‘‘आदमी’’ को
...
- तेरी बात क्या है?...? बौने आदमी और बच्चों की चिन्ता क्या हो सकती है? बच्चा हरदम कुछ न कुछ माँगता रहता है कि कुछ लाइये। ...
- तेरी बात हम सब जानते हैं कि तू कैसा दानी है?...? नाम के लोभी, यश के लोभी अगर किसी अच्छे काम के लिए तेरा देने का मन होता, तो भगवान तेरे पास आ जाता और ...
- तेरी भी तो कन्या होगी?...? तेरी भी तो लड़की स्कूल जा रही होगी। वह भी फिर वेश्या है क्या? नहीं साहब! हमारी लड़की तो वेश्या नहीं ...
- तेरी भी तो कन्या होगी?...? तेरी भी तो लड़की स्कूल जा रही होगी। वह भी फिर वेश्या है क्या? नहीं साहब! हमारी लड़की तो वेश्या नहीं है...
- तेरी भी तो कन्या होगी?...? तेरी भी तो लड़की स्कूल जा रही होगी। वह भी फिर वेश्या है क्या? नहीं साहब! हमारी लड़की तो वेश्या नहीं ...
- तेरी हैसियत क्या है, तेरी औकात क्या है?...? तू तो बिल्कुल नाचीज है। फिर यह क्या करती है? उसने कहा- नाचीज मेरा शरीर है। नाचीज मैं पैसे के हिसाब...
- तेरे अन्दर क्या इतनी करुणा है कि दूसरे आदमी, जिनको सहायता की आवश्यकता है, उनकी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए तू अपनी विलासिता के मुकाबले में क्या महत्त्व देता है और क्या तरजीह देता है?...? अपनी बीबी के लिए पाँच हजार रुपये की हीरे की अंगूठी खरीद करके लाया, ठीक है; पर मैं यह पूछता हूँ कि प...
- तेरे अन्दर वह हिम्मत, वह साहस है कि तू कर पाएगी?...? इतना अन्न जुटा पाएगी?’’
उसने कहा—‘‘पितामह! आपकी शक्ति और मेरा पुरुषार्थ और मेरा संकल्प बल, देखिए चम...
- तेरे घर क्या है?...? ’’ कहते हुए गुरुजी उनके घर की ओर बढ़ गए। वे चुप रह गए। कैसे कहें? इच्छा तो बहुत थी कि गुरुवर मेरे घर ...
- तेरे घर में कैसे हैं?...? तेरे बीबी-बच्चे कैसे हैं? बाद में यह नहीं कहें कि माताजी ने पूछा नहीं। हम इसलिए पूछते हैं, ताकि आपका...
- तेरे घर में?...? हमारा बाप है, जो पड़ोस में ही काम कर रहा है इसी खेत में। हम दोनों खेती का काम करते हैं। हमें उनके पा...
- तेरे घर में?...? हमारा बाप है, जो पड़ोस में ही काम कर रहा है इसी खेत में। हम दोनों खेती का काम करते हैं। हमें उनके पा...
- तेरे जन्म दिन के पूजन की तैयारी?...? जन्म दिन के पूजन का क्या मतलब है माँ बच्चे ने पूछा। माँ बोली-बेटा आज से तू एक वर्ष और बूढ़ा हो गया आ...
- तेरे पास आस्थाएँ कहाँ हैं?...? तेरे पास विश्वास कहाँ है? अगर तेरा यह खयाल है कि कृत्यों के माध्यम से, घटनाओं के माध्यम से, क्रिया-क...
- तेरे पास कितनी जमीन है?...? पचास बीघे जमीन है। कुल पचास बीघे? हाँ महाराज जी! पचास बीघे।बेटे! हमारे यहाँ तो सौ बीघे जमीन होती ह...
- तेरे पास क्या है?...? गुरुजी! हमारे पास बत्तियाँ लग रही हैं, बल्ब लग रहे हैं। देख, हमारे पास इतना बड़ा बल्ब है, जो लाखों रु...
- तेरे पास क्या है?...? निकाल और हम कहते हैं कि तेरी दौलत कहाँ है? निकाल, दे हमको। भगवान कहता है कि निकाल तेरे पास कहाँ है? ...
- तेरे पास चौकीदार है?...? नहीं साहब! नहीं है। बन्दूक है? नहीं साहब! नहीं है, तो बेटे! तेरी जान को खतरा है, क्योंकि सुरक्षा का इ...
- तेरे पास जो अकल है, उसे कहाँ खरच करना है?...? अगर यह बात बता देगा, तो मैं तुझे नई अकल दूँगा। नहीं महाराज जी! ज्ञान दीजिए। आपके गुरु ने तो बहुत ज्...
- तेरे पास पैसे कहाँ हैं?...? अभी तो दस पैसे माँग रहा था और कह रहा है कि हवाई जहाज में लेकर चलूँगा। यह भविष्य की कल्पनाएँ करने वाल...
- तेरे पास पैसे कितने हैं?...? ’’ यतीन्द्र बोला, डेढ़-दो हजार रुपये हैं।’’ गुरुजी एक कहानी सुनाने लगे, ‘‘एक जाट मेले में खाट बेचने आ...
- तेरे पास बन्दूक तो है नहीं, फिर गोली कैसे चलाएगा?...? इसलिए क्रियायोग के माहात्म्य का खंडन करने पर जब मैं उतारू हो जाता हूँ तो आवेश में आकर कर्मकाण्डों के ...
- तेरे पास बन्दूक तो है नहीं, फिर गोली कैसे चलाएगा?...? इसलिए क्रियायोग के माहात्म्य का खंडन करने पर जब मैं उतारू हो जाता हूँ तो आवेश में आकर कर्मकाण्डों के...
- तेरे पास विश्वास कहाँ है?...? अगर तेरा यह खयाल है कि कृत्यों के माध्यम से, घटनाओं के माध्यम से, क्रिया-कलापों के माध्यम से भगवान क...
- तेरे पास विश्वास कहाँ है?...? अगर तेरा यह खयाल है कि कृत्यों के माध्यम से, घटनाओं के माध्यम से, क्रिया-कलापों के माध्यम से भगवान क...
- तेरे पास, चिन्तन कहाँ है?...? तेरे पास आस्थाएँ कहाँ हैं? तेरे पास विश्वास कहाँ है? अगर तेरा यह खयाल है कि कृत्यों के माध्यम से, घट...
- तेरे पुण्य का कोई अंश जमा है क्या?...? उसने कहा भगवान। मैं नहीं जानती। कल्पना में भी मैंने तो जिन्दगी में भी कोई ऐसा पुण्य नहीं किया, जो मैं...
- तेरे बीबी-बच्चे कैसे हैं?...? बाद में यह नहीं कहें कि माताजी ने पूछा नहीं। हम इसलिए पूछते हैं, ताकि आपका मन हलका हो जाए। बेटे! उलट...
- तेरे मोहल्ले में कितनी औरतें रहती हैं?...? मेरे मोहल्ले में पचास औरतें रहती हैं और कितने आदमी रहते हैं? पचास आदमी रहते हैं और पच्चीस बाल-बच्चे ...
- तेरे यहाँ क्या है?...? चलिए गुरुजी! हम दिखाते हैं। उसकी दो लड़कियाँ जो एम.ए. कर रहीं थीं और लड़के बी.ए. कर रहे थे, खेत मे...
- तेरे यहाँ तो कुछ नहीं है?...? महाराज जी! हमारे यहाँ ज्यादा तो नहीं, पर थोड़ा वबाल तो है। बेटे! जब तक पैसे बढ़ेंगे, तेरे ऊपर मुसीबत...
- तेरे राम का नाम लेने से क्या फायदा?...? राम का नाम और बदनाम हो जायेगा। कोई यह कहे कि हम तो गुरु जी के चेले हैं और वहाँ शराब पीने और जुआ ...
- तेरे लिए बहुत आशीर्वाद, परन्तु बेटा जब माला करता है, तो उसके साथ-साथ विचारों को भी लाता है कि नहीं?...? महाराज जी, विचार तो मेरे भागते रहते हैं। तो बेटा, भगवान की उपासना तेरी अधूरी है। तेरी उपासना का जो प...
- तेरे लिए बहुत आशीर्वाद, परन्तु बेटा जब माला करता है, तो उसके साथ-साथ विचारों को भी लाता है कि नहीं?...? महाराज जी, विचार तो मेरे भागते रहते हैं। तो बेटा! भगवान की उपासना तेरी अधूरी है। तेरी उपासना का जो प...
- तेरे ससुर की तबीयत कैसी है?...? ’’
मैंने कहा, ‘‘माताजी तबीयत तो ठीक है, पर परहेज नहीं करते, सो डर लगता है।’’
तब माताजी ने कहा, ‘‘छ...
- तेरे साथ में कैसा व्यवहार किया जाए?...? ’’ उसने कहा—‘‘ऐसा व्यवहार किया जाय, जैसे कि एक राजा को, दूसरे राजा के साथ करना चाहिए।’’ सिकंदर की आँ...
- तेरे हिस्से में है क्या?...? अगर आपको अपने हिस्से में लाना है तो वही चीज लानी पड़ेगी, जिसका मैंने निवेदन किया। आपको वह उपासना करन...
- तेरे हिस्से में है क्या?...? अगर आपको अपने हिस्से में लाना है तो वही चीज लानी पड़ेगी, जिसका मैंने निवेदन किया। आपको वह उपासना करन...
- तेरे २७ रुपये की मजूरी हो गई और ३ रुपये और बचे हैं ये और ले ले और महीने भर का खर्चा?...? अरे! तो मैं कहाँ से लाऊँ? अरे! तो तुमने तो मुझे वैसे ही ठगा और मुझसे ऐसे ही मेहनत करा ली, मुझे परेशा...
- तेल की धारा कैसे?...? जिसमें छिन्न-भिन्न न होने पावे धारा, खंडित नहीं होने पावे, बिना विराम दिये, बिना रोक-थाम के एक गति स...
- तेल भी बहुत महँगा हो गया है तो किसका जलाएगा?...? मुझे ऐसी तरकीब बता दीजिए, जिससे पचास पैसे में मेरा अखण्ड दीपक जलता रहे। बताइये किसी बिजली कम्पनी ने ...
- तैंतीस करोड़ देव कौन?...? प्राचीनकाल में भारतवर्ष की जनसंख्या तैंतीस करोड़ थी; आज तो पचास करोड़ है। जनसंख्या बहुत घनी हो गई है। ...
- तैंने अपने मन का एक हिस्सा दिया?...? बहकाता है हमको! शाखा ठण्डी हो गई है और वहाँ कोई आता नहीं है.....। बेकार की बातें बकता है और उल्लू हम...
- तैंने अपने समय का एक हिस्सा दिया?...? तैंने अपने मन का एक हिस्सा दिया? बहकाता है हमको! शाखा ठण्डी हो गई है और वहाँ कोई आता नहीं है.....। ब...
- तैंने हजामत क्यों नहीं खिलायी?...? अरे! हजामत नहीं खिलायी, तो बाबा! जलेबी खा ले। इमरती खा ले। नहीं, मैं तो बाल खाऊँगी। बड़ी जोर की देवी ...
- तैने अपनी सभा में सारे के सारे चमार भरती करके रखे हैं?...? ये चमार थोड़े ही हैं। ये तो ब्राह्मण हैं, ठाकुर हैं, बनिये हैं। नहीं, सबके सब चमार हैं? क्यों, चमार ...
- तैने कुछ खाया है?...? नहीं साहब! नहीं खाया है। तो ले, यहाँ बैठकर खा ले। चार आने-आठ आने का खा लिया। दुकानदार ने उसे नोट कर...
- तैमूर अभिमान में आकर बोला-अच्छा बताओ मेरी कीमत क्या होगी?...? इस पर अहमदी हँसे और बोले-दो टके! तैमूर आग बबूला हो उठा तो अहमदी ने स्पष्ट किया-जो अपनी ही बुराइयों क...
- तैमूर ने कहा-जो जाति इस तरह विभक्त हो, उसे जीतना क्या कठिन है?...? उसी समय हमला बोल दिया और पेशवा की सेना जीत ली गई।* किसी ने बिनोवा जी से पूछा-आप महाराष्ट्रीय ब्राह्म...
- तैरने के लिए तालाब होना चाहिए ना?...? पढ़ने के लिए कोई विद्यालय होना चाहिए ना? कोई भी काम सीखने के लिए, कोई भी काम करने के लिए प्रयोगशाला क...
- तो क्या पिताजी अपने साथ आपका शरीर भी ले गए?...? मित्रो, आपने समय की कीमत नहीं पहचानी।एक ड्राइंग मास्टर थे। साठ वर्ष की आयु में वे रिटायर हुए। रिटायर...
- तो क्या भगवान् बुद्ध ने हिन्दुस्तान का-सारे एशिया का बेड़ा गर्क नहीं कर दिया था?...? नहीं मित्रो! ऐसा नहीं हो सकता। यह काम पीछे वालों का अनुयायियों का तो हो सकता है, पर भगवान् बुद्ध क...
- तो क्या हम बेवकूफ हैं?...? नहीं, हम बेवकूफ नहीं हैं? हम बुद्धिमानों में सभी से ज्यादा महत्त्वपूर्ण हैं। जिस जानदार और बिना जा...
- तो फिर क्या चीज दूँ?...? मेरे पास क्या है बताइये? मैं तो साल भर आपके पास पढ़ा हूँ और रोटी भी तो मैंने यहीं से खाई है। कपड़ा भ...
- तो बाहर वाले लोगों को कैसे मालूम पड़ेगा कि आप जिस मिशन को लेकर चले हैं, उस मिशन को पूरा करने में आप समर्थ होंगे कि नहीं?...? मिशन को आप समर्थ बना सकते हैं कि नहीं? आपके विचारों की झाँकी आपके व्यवहार से भी होनी चाहिए।...
- तो अनेक तरह के देवी-देवता क्या हैं?...? ये बेटे कल्पनाएँ हैं। कल्पना न होती, तो इतने तरह के फर्क कैसे हो जाते? अगर दुनिया में हजारों भगवान ह...
- तो अब आप क्या चाहते हैं?...? हमको बड़ी नौकरी मिल जाए। अच्छा तो आप एक काम कर लीजिए-आप बी.ए. कर लीजिए, बी.एड. कर लीजिए। फिर हमारे प...
- तो अब आप क्या चाहते हैं?...? वह अपने पति के यहाँ से आपको मनीआर्डर भेजे। अरे गुरुजी! आप क्या बात कहते हैं? हमारी बेटी हमको मनीआर्ड...
- तो अब आप क्या चाहते हैं?...? हमको बड़ी नौकरी मिल जाए। अच्छा तो आप एक काम कर लीजिए। आप बी० ए० कर लीजिए, बी० एड० कर लीजिए। फिर हमार...
- तो अब आप ही बताइए कि बिना ब्याह वालों की हम कैसे मदद कर सकते हैं?...? फिर हमने पूछा कि शादी-ब्याह नहीं हुआ तो बाल-बच्चों की ही मदद कीजिए, क्योंकि ये कहता है कि हमारे तीन ...
- तो अब आप ही बताइए कि बिना ब्याह वालों को हम कैसे मदद कर सकते हैं?...? फिर हमने पूछा कि शादी-ब्याह नहीं हुआ तो बाल बच्चों की ही मदद कीजिए, क्योंकि ये कहता है कि हमारे तीन ...
- तो अब आपको दिखाई नहीं पड़ता?...? हाँ गुरुजी! हमें दिखाई नहीं पड़ता। अच्छा तो अभी के फायदे के पीछे आप अपने भविष्य का सत्यानाश करने पर ...
- तो अब इससे लोहा कैसे निकलेगा?...? देखिए अब तमाशा दिखाते हैं कि इसमें क्या-क्या होता है। कच्चा लोहा लिया और तुरन्त लेने के बाद उसको भट्ट...
- तो अब इससे लोहा कैसे निकलेगा?...? देखिए अब तमाशा दिखाते हैं कि इसमें क्या-क्या होता है? कच्चा लोहा लिया और तुरन्त लेने के बाद उसको भट्ठ...
- तो अब कौन से है?...? जनता पार्टी वाले हैं। ठीक है तो हम भी जनता पार्टी से है? आप भी जनता और हम भी जनता। हाँ, ठीक बात है अ...
- तो अब कौन से हैं?...? जनता पार्टी वाले हैं। ठीक है तो हम भी जनता पार्टी में हैं। आप भी जनता और हम भी जनता। हाँ, ठीक बात है...
- तो अब क्या करना चाहिए?...? शमीक ऋषि ने फौरन राजा परीक्षित के पास खबर भेजी कि भाई! एक सप्ताह का समय रह गया है, तुम्हारी जान बचेग...
- तो अब तक हम अशुद्ध थे?...? हाँ, अब तक अशुद्ध थे। आज आपकी शुद्धि हुई है और आगे के लिए आपने यह प्रण किया है कि हम जीवनभर उन गलतिय...
- तो अब हम दाँतों को उखाड़ के नये दाँत कैसे लगा दें?...? आपका शरीर दुबला है, तो अब हम कैसे मोटा बना दें? इसलिए जो चीज सम्भव नहीं है, वह सम्भव कैसे हो सकती है? ...
- तो अम्मा के पास क्या है?...? बेटे, उसके पास प्यार है, दुलार है। तुम्हें छाती से वही लगाए रहेगी, दूध वही पिलाएगी। तू जब गन्दगी कर ल...
- तो अम्मा के पास क्या है?...? बेटे, उसके पास प्यार है, दुलार है। तुम्हें छाती से वही लगाए रहेगी, दूध वही पिलाएगी। तू जब गन्दगी कर ल...
- तो अयोध्या में क्या कमी थी?...? अयोध्या में वह वातावरण नहीं था जो हिमालय का वातावरण है—संस्कारी वातावरण, जिसमें कि हजारों वर्षों से ...
- तो अयोध्या में क्या कमी थी?...? अयोध्या में वह वातावरण नहीं था जो हिमालय का वातावरण है-संस्कारी वातावरण, जिसमें कि हजारों वर्षों से ...
- तो आखिर पेट कैसे भरा जाए?...? उसके लिए आप यहाँ का स्वावलम्बन विद्यालय देख करके जाइए।
यह आपको अपने यहाँ करना है। आप यहाँ ट्रेंड ह...
- तो आग कैसे हो गईं आप?...? हमने एक ही हिम्मत की है कि अपने आपको आग के साथ घुला दिया है, मिला दिया है। अगर आप भी ऐसा कर सकते हों...
- तो आग कैसे हो गयीं आप?...? हमने एक ही हिम्मत की है कि अपने आप को आग के आग के साथ घुला दिया है, मिला दिया है। अगर आप भी ऐसा कर स...
- तो आठ घण्टे हो गये या नहीं?...? हाँ साहब! आठ घण्टे हो गये।मित्रो! एक लाख आदमी हमारा कहना मानते हैं और चौबीसों घण्टे हमारे कार्य में लग...
- तो आदमी की मन:स्थिति को कैसे बदला जाए?...? आदमी की मन:स्थिति को बदलने के लिए वही किया जा रहा है, जो आपको सिखाते हैं। आपको वाणी का उपयोग सिखाते ...
- तो आप अकले ही रहते हैं?...? बेटे! हम अकेले नहीं रहते, हमारे साथ में बहुत से आदमी रहते हैं। कौन-कौन रहते हैं? चलिए मैं आपको उनके ...
- तो आप अकेले काम नहीं कर सकेंगे?...? अकेला काम क्यों नहीं कर सकता? ''अकेला चना भाड़ को नहीं फोड़ सकता'' आप अकेले पुल नहीं बना पाएँगे; आप अक...
- तो आप अपनी दुकानें बन्द रखेंगे और आचार्य जी के साथ में रहेंगे?...? हाँ साहब, रहेंगे। उनके खाने-पीने का, किराये-भाड़े का जो खरचा पड़ेगा, सो आप देंगे? हाँ, जिस लायक हमार...
- तो आप अपनी दुकानें बन्द रखेंगे और आचार्य जी के साथ में रहेंगे?...? हाँ साहब, रहेंगे। उनके खाने-पीने का, किराये-भाड़े का जो खरचा पड़ेगा, सो आप देंगे? हाँ जिस लायक हमारी ...
- तो आप अब क्या गौदान देंगे?...? लेकिन अब आप ऐसा कीजिए, हमसे गौदान ले जाइए, एक कामधेनु ले जाइए, कामधेनु ले जाइए। कामधेनु क्या है? काम...
- तो आप उनसे कम हैं क्या?...? आप में तो शैलो की छबि देखती हूँ और ये मेरे जो लड़के बैठे हैं, बेटे! आपको मैं सतीश से ज्यादा मानती हू...
- तो आप एक बात बताइए कि वे राम का नाम जपते थे?...? हाँ साहब! जपते थे। आप भी जप करेंगे? हाँ साहब! हम भी जप करेंगे। अच्छा तो यह बताइए कि नारद जी से राम-न...
- तो आप कहाँ चले गये थे?...? हम तो साहब वहाँ बैठे थे, अख़बार पढ़ रहे थे। अखबार पढ़ने के लिए आये थे या सामाजिक सहायता करने के लिए ...
- तो आप कहाँ तक पढ़े हैं?...? हमने साहब मैट्रिक पास किया है और बी. टी. सी. पास की है। इसीलिए हमको २५० रुपये मिलते हैं॥ तो अब आप क...
- तो आप कहाँ तक पढे हैं?...? हमने साहब मैट्रिक पास किया है और बी० टी० सी० पास की है। इसीलिए हमको २५० रुपए मिलते हैं। तो अब आप क्य...
- तो आप कामवासना के लिए विवाह करते हैं?...? तो वेश्या से विवाह कर लीजिए। वेश्यागमन कीजिए न। क्या कोई घरवाली वेश्या है? नहीं साहब! हमारे लिए तो स...
- तो आप किसकी प्रशंसा कर रहे हैं?...? जिन लोगों ने पैसा दिया, उनकी? नहीं, भाई साहब! उनकी भी नहीं कर रहा हूँ। तो फिर आप किसकी प्रशंसा कर रह...
- तो आप कुण्डलिनी जागरण भी नहीं सिखाएँगे?...? हाँ, बेटे! अभी आपको हम कुण्डलिनी जागरण भी नहीं सिखाएँगे। तो आप क्या करेंगे? अभी हम आपको छोटे ...
- तो आप कैसे करेंगे?...? बेटे, हम कर लेंगे, हमारे गुरु का प्लान है, तू तो केवल सुन भर ले। आज की सामयिक समस्याओं में, व्यक्ति ...
- तो आप क्या करना चाहते हैं, च्यवनप्राश और आँवले का?...? च्यवनप्राश तथा आँवले का हम दो काम करेंगे, एक तो हम करेंगे इसका जप और एक करेंगे इसका पूजन। कैसे-कैसे ...
- तो आप क्या करेंगे?...? अगर वे माँगते हैं, तो भी नहीं और नहीं माँगते हैं, तो भी नहीं। जिस चीज की जरूरत है उसे दीजिए।आपके क...
- तो आप क्या करेंगे?...? अभी हम आपको छोटे स्तर का, बच्चों के स्तर का सिखाएँगे। बड़े स्तर का नहीं सिखाएँगे। क्यों? क्योंकि...
- तो आप क्या करेंगे?...? गायत्री माता को ले जाएँगे? नहीं बेटे! मुश्किल है। गायत्री माता को साथ में कहीं ले जाना बहुत कठिन पड़ ...
- तो आप क्या करेंगे?...? देखिये हमारा जादू और देखिये हमारा चमत्कार। सारे-के फायदे हो जाएँगे च्यवनप्राश आँवले से। कैसे हो जाएँ...
- तो आप क्या कह रहे हैं?...? मैं ये कह रहा हूँ क्या? कि आपकी महत्त्वकांक्षा नहीं बढ़नी चाहिए?
आपकी महत्त्वकांक्षा जरूर बढ़नी चा...
- तो आप क्या कहना चाहती हैं?...? गुरुजी को अवतारी बना रही हैं? बेटा! कहने दीजिए, इसमें आपको क्या एतराज होना चाहिए? अवतारी ही हैं। अरे...
- तो आप क्या चाहते हैं?...? हीरक जयन्ती जो वर्ष है वसन्त पंचमी से शुरू हुई थी और अगली वसन्त पंचमी फरवरी तक है शायद फरवरी तक हीरक...
- तो आप क्या है?...? नियम हैं, मर्यादा हैं, कायदा हैं और कानून हैं। अगर यह बात आप मान लेंगे तो आगे चलेंगे। आप यदि यही मान...
- तो आप छुआछूत मानते हैं?...? नहीं बेटे! हम छुआछूत नहीं मानते, पर खाएँगे नहीं। अच्छा, आप नहीं खाते तो अपने गुरुजी को खिलवा दीजिए। ...
- तो आप छेनी की क्या करामात कह रहे थे?...? फिर आप हथौड़े की करामात क्या कह रहे थे? हथौड़े और छेनी की करामात है जरूर, हम इसे मानते हैं। जितनी भी...
- तो आप छैनी की क्या करामात कह रहे थे?...? फिर आप हथौड़े की करामात क्या कह रहे थे? हथौड़े ओर छैनी की करामात है जरूर, हम इसे मानते हैं। जितनी भी...
- तो आप डाका डालने आए हैं?...? भाई साहब! पैसा ले जाइए। पैसा ले जाएँ, दान दे रहा है हमको? अंगुलिमाल कहता था कि हम कोई पण्डित हैं, जो ...
- तो आप दबाव डालते हैं ना?...? ब्लैकमेलिंग करते हैं ना? हमारा काम कर दीजिए नहीं तो हम रोटी नहीं खायेंगे। अच्छा, तो आप यही तप कर र...
- तो आप नटनियों से विवाह करेंगे?...? इन्हें घरवाली बनाएँगे न? रंग-रूप को तलाश करेंगे न? आखिर आपको क्या हो गया है? मैं यह पूछता हूँ कि आपक...
- तो आप नहीं खाएँगे?...? हाँ बेटे! नहीं खा सकते। नहीं साहब! हमारी तो बड़ी इच्छा थी कि हम आपको भोजन करा दें। बेटे! तेरी इच्छा ...
- तो आप नुकसान में रहे होंगे?...? आप नुकसान की बात करते हैं कभी आप हमारे गाँव जाइए, गायत्री तपोभूमि मथुरा, अखण्ड ज्योति कार्यालय देखिए...
- तो आप पकौड़ियों को क्या करते हैं?...? गऽऽप्-से मुँह में डाल लेते हैं। आपको किससे प्यार है? रेवड़ी से, जलेबी से। जलेबी से आप क्या करते हैं...
- तो आप पूरी कर दीजिए?...? बेटे! हमारी सामर्थ्य में नहीं है तो हम कैसे पूरी कर देंगे, लेकिन आप वह अध्यात्म, जो कि चार चीजों से ...
- तो आप पूरी कर दीजिए?...? बेटे ! हमारी सामर्थ्य में नहीं है तो हम कैसे पूरी कर देंगे, लेकिन आप वह अध्यात्म, जो कि चार चीजों से...
- तो आप बच्चे को दूध नहीं देना चाहते?...? हाँ साहब! हम नहीं देना चाहते। बच्चा मर जाए तो हमें इससे क्या लेना-देना। हम कमाते हैं, इसलिए हमीं खाए...
- तो आप बच्चे को दूध नहीं देना चाहते?...? हाँ साहब! हम नहीं देना चाहते। बच्चा मर जाए तो हमें इससे क्या लेना देना। हम कमाते हैं, इसलिए हमीं खाए...
- तो आप बच्चे को देंगे?...? नहीं, हमने अपनी जिन्दगी में दिया ही नहीं। हमारा बाप ढेरों-के सम्पत्ति छोड़ कर मरा था। हमने सब बाँट दी।...
- तो आप बताइए कि आपने नमन क्यों किया?...? आप उन्हें बताइए कि पूजन क्यों किया? शुरुआत तो कीजिए, सवाल तो पैदा कीजिए, जिससे कोई आदमी सवाल पूछे और...
- तो आप बताइए कि आपने नमन क्यों किया?...? आप उन्हें बताइए कि पूजन क्यों किया? शुरुआत तो कीजिए सवाल तो पैदा कीजिए जिससे कोई आदमी सवाल पूछे और आ...
- तो आप बताते क्यों नहीं कि मुझे कौन सा सहायक ढूँढ़ लेना चाहिए?...? उन्होंने कहा कि भगवान को एक सहायक के रूप में ढूँढ़ लेना चाहिए। और दूसरा? दूसरा एक इनसान को। एक इनसान...
- तो आप बताते क्यों नहीं कि मुझे कौन-सा सहायक ढूँढ़ लेना चाहिए?...? उन्होंने कहा कि भगवान को एक सहायक के रूप में ढूँढ़ लेना चाहिए। और दूसरा? दूसरा एक इनसान को।...
- तो आप बुढ़ापे में मरेंगे?...? बुढ़ापे से हमको बहुत शिकायत है। बुढ़ापे से हमको बहुत नफरत है। बुढ़ापा उसे कहते हैं जिसमें आदमी जिन्दगी...
- तो आप भगवान को क्या कहते हैं?...? चलिए मैं भगवान को आदर्शों और उत्कृष्टताओं का समुच्चय कह सकता हूँ।
चिन्तन में जब भगवान आता है,...
- तो आप माँस से माँस को देखना चाहते है?...? यही मतलब है न आपका? आप मैटेरियल से मैटेरियल को देखना चाहते हैं। प्रकृति से प्रकृति को देखना चाहते है...
- तो आप माँस से माँस को देखना चाहते हैं?...? यही मतलब है न आपका? आप मैटेरियल से मैटेरियल को देखना चाहते हैं। प्रकृति से प्रकृति को देखना चाहते ...
- तो आप मिठाई किससे खरीदेंगे?...? नोट लाइए, क्वाइन लाइए। क्वाइन—पैसे का क्या करेंगे? हम तो ऐसे ही खरीदेंगे। नहीं बेटे ! पहले रुपये लेक...
- तो आप में कोई ब्राह्मण भी है क्या?...? नहीं साहब! ब्राह्मण तो नहीं है। अच्छा तो कोई बनिया होगा, कोई पोरवाल होगा, अग्रवाल होगा, खंडेलवाल होग...
- तो आप यह चाहते हैं?...? हाँ साहब! यही चाहते हैं। आप क्या सोचते हैं और क्या करना चाहते हैं, क्या आप इसी को प्यार कह रहे थे?...
- तो आप विभीषण नहीं बनना चाहेंगे?...? आप विभीषण बन जाइए न।...
- तो आप व्यास जी के बराबर है?...? हाँ बेटे, हम दावा कर सकते हैं कि हम व्यास जी से बड़े हैं। व्यास जी को एक स्टेनोग्राफ़र मिला हुआ था।...
- तो आप सबको गायत्री पढ़ाएँगे?...? हाँ बेटे! सबको पढ़ाएँगे। सूरज सबका है, चंद्रमा सबका है, गंगा सबकी है, हवा सबकी है, इसी तरह गायत्री भ...
- तो आप सबको गायत्री पढ़ाएँगे?...? हाँ बेटे! सबको पढ़ाएँगे। सूरज सबका है, चंद्रमा सबका है, गंगा सबकी है, हवा सबकी है, इसी तरह गायत्री भी...
- तो आप हनुमान जी को क्या देना चाहते हैं?...? टिप। टिप में क्या देंगे? लड्डू। चल, धूर्त कहीं का, हनुमान जी को हनुमान जी को लड्डू देना चाहता है। ...
- तो आप हमारी समस्या हल कर देंगे?...? नहीं बेटे, आपकी कोई समस्या हल नहीं हो सकती। आपकी समस्या का समाधान बिलकुल हमारे हाथ में नहीं है।...
- तो आप हमें किसलिए बुलाते हैं?...? बेटे! हम आपको देने के लिए बुलाते हैं। आप चाहें तो आत्मबल लेकर जा सकते हैं। आप चाहें तो मानवपूर्ण गरि...
- तो आप ही करा दीजिए?...? जो पैसा चाहिए हो, वह हम आपको दे देंगे। सामान चाहिए, तो सामान मँगा लीजिए। जो कुछ भी चाहे, आप इंतजाम...
- तो आप ही बता दीजिए कि हम बीमार क्यों पड़ते हैं?...? वात, पित्त और कफ़ की वजह से। इन्हें विकारग्रस्त होने से बचा लीजिए, नहीं तो करेंगे और मारेंगे।...
- तो आप ही सारी रबड़ी खाएँगे?...? हाँ साहब! और अच्छी चीजें आप ही खाएँगे? और बीबी को? बीबी को भी नहीं देंगे। और माँ को? माँ को भी नहीं ...
- तो आपका कोई बैरी नहीं है?...? बेटे, हमारे बहुत से बैरी हैं और बहुत द्रोही हैं और हमें बहुत गालियाँ देते हैं कि इन्होंने स्त्रियों ...
- तो आपका क्या चाहते थे?...? महाराज जी! मैं जादूवाला मंत्र चाहता हूँ। कौन सा वाला? ‘‘ॐ ऐं हृीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे।’’ इससे ...
- तो आपका क्या मन है?...? हमको भी कहीं से ऐसा ही रुद्राक्ष मिल जाता, हम भी प्रधानमंत्री न सही, मुख्यमंत्री तो हो गए होते। एक स...
- तो आपका क्या मन है?...? हमको भी कहीं से ऐसा ही रुद्राक्ष मिल जाता, हम भी प्रधानमंत्री न सही, मुख्यमंत्री तो हो गए होते। एक स...
- तो आपका यही मतलब है?...? हाँ साहब! हमारा यही मतलब है कि हम उसका लोक-परलोक बिगाड़ना चाहते हैं। उसके बहन-भाइयों की आँखों में ...
- तो आपका योगाभ्यास कैसा है?...? हमें भी सिखा दीजिए। शाम को उसने योगाभ्यास सिखाया। हम टट्टी साफ करते हैं मैला साफ करते हैं और यह मा...
- तो आपकी गऊशाला है कि नहीं?...? नहीं साहब ! गऊशाला तो नहीं है।
अनाथालयों का काम कैसा है? बहुत ही अच्छा काम है। बेचारे अनाथ बच...
- तो आपकी गऊशाला है कि नहीं?...? नहीं साहब! गऊशाला तो नहीं है।अनाथालयों का काम कैसा है? बहुत ही अच्छा काम है। बेचारे अनाथ बच्चों का श...
- तो आपके पिताजी ने बनाई होगी?...? नहीं साहब! पिताजी ने तो नहीं बनाई, किसने बनाई?
यह तो ब्रह्मा जी ने बनाई थी। जब समुद्र में काई फै...
- तो आपको किसी के साथ मुहब्बत है?...? नहीं साहब! किसी के साथ नहीं है। अच्छा अब आप यह बताइए कि आपने किसी के व्याख्यान सुने हैं कि नहीं? हाँ...
- तो आपको कुछ मिला क्या?...? यही तो मैं बताना चाहता हूँ कि मुझे मिला है और अगर आप हमारी बात पर विश्वास कर सकते हों तो अपने बारे म...
- तो आपको कुछ मिला क्या?...? यही तो मैं बताना चाहता हूँ कि मुझे मिला है और अगर आप हमारी बात पर विश्वास कर सकते हो तो अपने बारे मे...
- तो आपको खूब सामान दे जाती है?...? हाँ बेटे, पहले देवी कभी-कभी आती थी, पर अब हमें यह खयाल आया कि देवी है भी कि नहीं, सो हमने अपने गुरु ...
- तो आपको खूब सामान दे जाती है?...? हाँ बेटे, पहले देवी कभी कभी आती थी, पर अब हमें यह खयाल आया कि देवी है भी कि नहीं, सो हमने अपने गुरु ...
- तो आपको रिझाने के लिए कौन सा काम किया जाता है?...? नाच-कूद करते तो हैं। भगवान को रिझाने के लिए नाच-कूद करने की कोई जरूरत नहीं है। आपका नाच-कूद देखने के...
- तो आपको रिझाने के लिए कौन-सा काम किया जाता है?...? नाच-कूद करते तो हैं। भगवान को रिझाने के लिए नाच-कूद करने की कोई जरूरत नहीं है। आपका नाच-कूद देखने के...
- तो आपने इसको क्यों दिया?...? इसलिए दिया जिससे ये हमारी बेटी की सहायता करे। इसकी कमाई के ऊपर हमारी बेटी की जिन्दगी निर्भर है। इससे ...
- तो आपने इसको क्यों दिया?...? इसलिए दिया जिससे ये हमारी बेटी की सहायता करे। इसकी कमाई के ऊपर हमारी बेटी की जिन्दगी निर्भर है। इससे ...
- तो आपने इसे किसके लिए लगा रखा है?...? इससे आपका क्या ताल्लुक है? अजी साहब! यह बहुत खूबसूरत है और देखने में हमें बहुत अच्छा लगता है। अच्छ...
- तो आपने भी बैरियों को मारा है?...? हाँ बेटे, हमने अपने सारे बैरी मार दिये, एक भी बैरी जिन्दा नहीं बचा है। हमारे सारे बैरियों का सफाया ह...
- तो आपने हमें क्यों नहीं बताई पंचमुखी गायत्री की उपासना?...? इसलिए कि आप इसे नहीं कर सकते हैं। आपको तो एकमुखी गायत्री की उपासना करना ही मुश्किल है। माँ और बे...
- तो इतना कहाँ से आता है?...? यह हमारी बैंक से आता है। कौन-सी बैंक? जिस बैंक से हमारा ईमानदारी का एग्रीमेंट है। उसने हमारी शाख बढ़...
- तो इतना कहाँ से आता है?...? यह हमारी बैंक से आता है। कौन सी बैंक? जिस बैंक से हमारा ईमानदारी का एग्रीमेंट है। उसने हमारी शाख बढ़ा...
- तो इन भगवान् को मैं क्या मानूँ?...? उन्होंने कहा कि जो तेरे मन में आये, मान सकती है।मीरा ने कहा कि मेरे ब्याह शादी की जिरह चल रही है। मै...
- तो इसका कोई पुण्य नहीं है?...? न बेटे! कोई पुण्य नहीं है। पुण्य कैसे हो सकता है? दृष्टि से हो सकता है। दृष्टि अगर हमारे पास हो, चिं...
- तो इसका कोई पुण्य नहीं है?...? न बेटे! कोई पुण्य नहीं है।पुण्य कैसे हो सकता है? दृष्टि से हो सकता है। दृष्टि अगर हमारे पास हो, चिंत...
- तो इसका क्या अर्थ हो गया?...? इसका अर्थ हो गया कि वह हम सबके सामने छाया हुआ है। ‘यह’ मानें सामने वाली चीजें। प्रत्यक्ष, भौतिक चीजो...
- तो इससे ज्यादा देवता का वरदान होता होगा?...? नहीं, इससे ज्यादा भी देवता का वरदान नहीं हो सकता। आदमी के भीतर गुणों की, आदमी के भीतर कर्मों की, आदम...
- तो इसे आप करते हैं?...? बैटे! हम नहीं करते। कौन करता है? हमारा 'बॉस' करता है, जिसको पा करके हम धन्य हो गए। यह हमारा ...
- तो उत्तर मिला, हम क्यों भुगतेंगे?...? आप जाइए, हमें तो चाहिए। आपका कर्तव्य बनता है। वाल्मीकि चले गए और नारद के चरणों में गिर पड़े। बोले—ना...
- तो उनकी क्या कीमत थी?...? तीन पैसे। और रामचन्द्र जी की? बारह पैसे। कृष्ण चन्द्र जी की सोलह पैसे। बेटे, वे सब मनुष्य थे। नहीं...
- तो उनके मंत्र किस भाषा में होते हैं?...? जापानी भाषा में होते हैं। इसी तरीके से मुसलमान संस्कृत नहीं जानते। मुसलमानी देशों में भी मंत्र होते ...
- तो उनने कहा कि पार्वती ऐसे जंजाल में मत पड़ो; इनके अन्दर भक्ति नहीं है, ये सब क्या कर रहे हैं?...? खा-पी नहीं रहे हैं, एक पैर से खड़े हैं गंगा जी के किनारे। लम्बे-चौड़े तिलक लगाए हैं, फिर क्यों ऐसा क...
- तो उनने कहा—ऐसा कैसे हो सकता है?...? आप तो मेरे भगवान हैं। आप जानें—आपका काम जाने। मेरा जो कर्तव्य हैं, वह मैंने याद रक्खा।
तो बेटे ...
- तो उनसे पूछा गया, बताइए?...? बुद्ध ने कहा अभी सुनाता हूँ। उन्होंने कहानी सुनाई एक राजा था। उसके यहाँ था एक हाथी, हाथी था, लड़ाई क...
- तो उन्होंने कहा कि क्या आपको मेरे ऊपर विश्वास नहीं है?...? इस उपासिका के लिए, इस पुजारिन के लिए जो भी मेरा आराध्य मुझे देगा, भर-भर झोली उसे लूँगी और उस याद को ...
- तो उन्होंने कहा—कहाँ डालें?...? उन्होंने तालाब में डाल दिया। उसने कहा—नहीं, तालाब भी छोटा है, तालाब भी नहीं चाहिए, मुझे तो क्या चाहि...
- तो उन्होंने दूसरा विवाह भी कर लिया?...? क्योंकि यज्ञ तो बिना पत्नी के पूर्ण होता ही नहीं। आचार्या विश्वावारा उनका सन्देह निवारण करते हुए बोल...
- तो उन्होंने पूछा- शबरी कहाँ रहती है?...? ऋषियों ने कहा- वहाँ रहती है। कहाँ रहती है? वहाँ रहती है। ठोकर खाते- खाते रामचंद्र जी के पाँव में छ...
- तो उपासना में आप क्या करते हैं?...? उपासना में हम यह करते हैं कि भगवान की शक्ति हमारी अन्तरात्मा में, हमारे क्वाइल में-लोहे के तार में आक...
- तो उसका विकास कैसे होगा, कभी आपने सोचा है क्या?...? हम तो ५०० रुपये महीना भेज देते हैं। हाँ, यह तो ठीक है कि उसने बच्चों को ऐटीकेट सिखा दिया होगा, “थैंक...
- तो उसकी गतिविधियाँ क्या होनी चाहिए?...? इसके लिए भगवान बुद्ध के पास एक ही हथियार था—तपस्वियों का हथियार। तपस्वियों का हथियार प्राप्त करके बु...
- तो उसने कहा, क्या दूँ?...? बाँदी ने कहा कि डॉक्टरों ने कहा है कि लैला की नसों में खून चढ़ाया जाएगा। तो क्या आप अपना खून देंगे जि...
- तो उसने पूछा, क्यों क्या बात है, क्यों नहीं सीखना चाहतीं?...? उन्होंने कहा—हमारी रानी मक्खी ने यह कहा है कि जिस संगीत को सीख करके और ये मच्छर हमारे दरवाजे पर भीख ...
- तो एक दिन की तनख्वाह कितनी होगी?...? गुरुजी! इक्कीस-बाईस रुपये होती है। तो बाईस रुपया महीने के हिसाब से कितना हो गया? महाराज जी! ये तो ...
- तो एक बात ये पूछकर आओ कि वो क्यों कहता है, क्या माँगता है, क्यों हमको सिखाता है, वजह क्या है?...? उसकी नीयत पूछकर आओ।...
- तो ऐसा करो, एक नमूना बता दो कि हमारे धंधे में कितना फायदा हो जाएगा?...? उसने कहा कि सट्टे में इतना फायदा हो जाएगा। उन्होंने कहा—ब्रह्मचारी जी! हम और आप एक ऐसी फर्म खोल दें ...
- तो और किसको दिया था?...? हनुमान जी को दिया था। हनुमान जी की ताकत स्वयं की उपार्जित थी? नहीं, स्वयं की उपार्जित नहीं थी। स्वयं...
- तो और ये बुद्धिजीवी जनता उमड़ती और घुमड़ती क्यों चली आ रही है?...? हर बात में क्यों और कैसे? क्यों और कैसे? का सवाल उठता चला आ रहा है। जनेऊ के बारे में, यज्ञोपवीत के ब...
- तो कण्व ऋषि के पास कितना पैसा था?...? नहीं भाईसाहब, कुछ नहीं था। शकुन्तला को सुसंस्कार का वातावरण मिला था, जिसके द्वारा उसने अपने बच्चे को...
- तो कबूतर बोला—एक काम क्यों न किया जाए?...? कबूतरी ने कहा—क्या? कबूतर ने कहा कि अपने जीवन की सार्थकता इसी में है कि हमारे खून का एक-एक जर्रा इसक...
- तो कर लिया दर्शन?...? हाँ साहब! खूब दर्शन हो गए। भीड़ तो बहुत थी, पर हम पंद्रह मिनट खड़े रहे और अच्छी तरह से दर्शन हो गए। ...
- तो कर लिया दर्शन?...? हाँ साहब! खूब दर्शन हो गए। भीड़ तो बहुत थी ,, पर हम पंद्रह मिनट खड़े रहे और अच्छी तरह से दर्शन हो गए। ...
- तो कल क्या करेंगे?...? कल हम आपका मेजर ऑपरेशन करेंगे। क्या ऑपरेशन करेंगे? आपके पेट को फाड़ेंगे और देखेंगे कि इसमें जो गोला...
- तो कहाँ जाएँ?...? कहीं गुफा में बैठ जाइए। फिर क्या कीजिए? अच्छा तो खाना कहाँ से आएगा? खाना तो समाज से ही आएगा। और पहनन...
- तो कहाँ जायेंगे?...? साहब! हम तो शान्ति प्राप्त करने जायेंगे। हम शान्तिकुञ्ज जायेंगे। हाँ बेटे! तू हमारे यहाँ शान्तिकुञ...
- तो कहाँ बिकती है?...? भइया, आगे चले जाओ। यहाँ से तीस-चालीस दुकान के पास से एक गली मुड़ जाती है, उसी गली में चले जाओ। बिसाती...
- तो कहाँ से आती है तनख्वाह?...? तनख्वाह यहीं तालाब में से आती है। मछली तालाब में से आ जाती है पकड़ लेता हूँ खा जाता हूँ। कीड़े पकड़ लेत...
- तो कहाँ से हुआ है तेरा विवाह?...? किसी और की पैदा की हुई बेटी को साथ लिए फिरता है और ऊपर से ये कहता है कि समाज का कोई ऋण नहीं है। तेरे...
- तो कहाँ से हुआ है तेरा विवाह?...? किसी और की पैदा की हुई बेटी को साथ लिए फिरता है और ऊपर से ये कहता है कि समाज का कोई ऋण नहीं है। तेरे...
- तो कहाँ है स्वर्ग?...? स्वर्ग वहाँ है जहाँ सेवा की भावना मनुष्यों के भीतर रहती है। गायत्री माँ और यज्ञ भगवान हमको स्वर्ग दे...
- तो कहा—"ऐसा कैसे हो सकता है?...? आप तो मेरे भगवान हैं। आप जानें आप का काम जाने। मेरा जो कर्तव्य है वह मैंने याद रक्खा है।" तो बेटो! स...
- तो कितना बाल्टी चाहिए?...? भगवान जी तो बड़े हैं। हाथी नहाते हैं तो सौ बाल्टी लग जाता है। थोड़ा नहलाते हैं, तो १५-२० बाल्टी लग जात...
- तो कितनी उम्र थी उनकी?...? बहुत लम्बी उम्र थी।क्यों साहब, लम्बी उम्र हो सकती है? हाँ लम्बी उम्र हो सकती है। कौन-कौन की हो सकती ...
- तो कितने में करूँ?...? तुम बताओ? चार आने में अक्षर, तो छह आने में मात्रा। छह आने दे देंगे। नहीं, छह आने में नहीं करूँगी। अच...
- तो किस काम के लिए आए थे?...? महाराज जी! हम तो मनोकामना पूरी कराने के लिए आए थे। हमने तो यह समझा था कि चलो गुरुजी अनुष्ठान वगैरह क...
- तो किस चीज को हम किस चीज से जोड़ दें?...? भौतिक जीवन को हम तप से जोड़ें।
अपने पंचतत्त्वों को हम तप से जोड़ें, ताकि वे परिष्कृत हो जाएँ...
- तो किस पानी से लगाएँगे?...? डिस्टिल्ड वाटर से। डिस्टिल्ड वाटर किसे कहते हैं? बेटे! उसे कहते हैं, जो भाप के द्वारा उड़ाया हुआ है।...
- तो किस पानी से लगाएँगे?...? डिस्टिल्ड वाटर से। डिस्टिल्ड वाटर किसे कहते हैं? बेटे! उसे कहते हैं, जो भाप के द्वारा उड़ाया हुआ है। ...
- तो किसकी रखू?...? चल मैं तुझे ऐसी चीज बता देता हूँ, जो कि मूर्ति भी बने रहे, गिरे भी नहीं और तुझे रखवाली भी नहीं करनी ...
- तो किसकी रखूँ?...? चल मैं तुझे ऐसी चीज बता देता हूँ जो कि मूर्ति भी बनी रहे, गिरे भी नहीं और तुझे रखवाली भी नहीं करनी प...
- तो किसकी सेवा करूँ?...? कस्मै देवाय हविषा विधेम। बेटे! अपनी सेवा कर और किसकी सेवा करेगा? देवता की सेवा करूँगा। नहीं, देवता क...
- तो किसकी सेवा करूँ?...? कस्मै देवाय हविषा विधेम बेटे! अपनी सेवा कर और किसकी सेवा करेगा देवता की सेवा करूँगा। नहीं, देवता को ...
- तो किसके लिए आई है?...? उसका एक ही मकसद है और वह है प्यार।
साथियो ! इंसान के भीतर चाहे वह मरद हो या औरत, उसके अन्दर एक...
- तो किसको देंगे?...? पड़ोस में जो बुढ़िया रहती हैं और जिसकी आँखें अन्धी हो गयी हैं, मोतियाबिंद हो गया है। पचास-पचास रुपये मे...
- तो किसको बुलाया जाय?...? व्यास जी के बेटे शुकदेव जी को बुलाया जाय। वही मुझे भागवत कथा सुना देंगे, तो मेरा उद्धार हो जायेगा।...
- तो किससे प्रसन्न होता है?...? आपके मन से, हृदय से और भावनाओं से।
चेतना व चिन्तन का मेल हो
मित्रो, आपका जो वास्तविक ...
- तो किससे प्रसन्न होता है?...? आपके मन से, हृदय से और भावनाओं से। चेतना व चिन्तन का मेल हो मित्रो! आपका जो वास्तविक अस्तित्व है जो ह...
- तो किससे मिल सकता है?...? क्या अध्यात्म से कुछ नहीं मिल सकता? मिल सकता है। बेटे, हमने अपनी इतनी लम्बी जिन्दगी लोगों के लिए...
- तो कुल्ला कर, यह क्या करता है?...? हथेली पर जरा सा पानी और उसमें पाँचों उँगलियाँ? इससे क्या हो जाएगा? इससे तो ओष्ठ भी नहीं साफ होंगे। इ...
- तो कुल्ला कर, यह क्या करता है?...? हथेली पर जरा सा पानी और उसमें पाँचों उँगलियाँ? इससे क्या हो जाएगा? इससे तो होठ भी नहीं साफ होंगे। इस...
- तो कैसा है?...? महाराज जी! जवान औरत का है। किसका? गायत्री माता का। हाँ बेटे! जिस गायत्री माता की हमने स्थापना की हुई...
- तो कैसे असर पड़ेगा?...? नहीं साहब! असर पड़ेगा। नहीं बेटे! तेरा असर नहीं पड़ेगा।
अंकुश का नाम है तप
अगले द...
- तो कैसे असर पड़ेगा?...? नहीं साहब! असर पड़ेगा। नहीं बेटे! तेरा असर नहीं पड़ेगा। अंकुश का नाम है तप अगले दिनों क्या करना पड़ेगा?...
- तो कैसे उतार पायें?...? अपना दायरा बढ़ा दीजिए, दायरा बढ़ा दीजिए, जो चीजें आपको अपनी मालूम पड़ती हैं उनमें प्रसन्नता होती है ...
- तो कैसे थे श्रीकृष्ण भगवान्?...? आप ही बताइये? ध्यान कैसे करें? मित्रो! हो सकता है, श्रीकृष्ण भगवान् ऐसे रहे हों- काले से और ऐसा छोटा...
- तो कैसे पिया जा सकता है?...? पहले आप गाय पालिए। उसे घास खिलाइए, चारा खिलाइए। तो क्या गाय को चारा भी खिलाना पड़ेगा, दाना भी खिलाना...
- तो कैसे हो जाएगा?...? बेटे! उसका एक ही आधार है, और दूसरा कोई नहीं है और उसका नाम है—दृष्टि। अभी मैंने आपको उस आदमी का हवाल...
- तो कौन खा जाता है?...? वे सब पंडे-पुजारी खा जाते हैं। हम तो दरवाजे पर भिखारी के रूप में, दरिद्रों के रूप में, कोढ़ियों के र...
- तो कौन जप करता है?...? हम ही अकेले करते हैं। तो बेटा, अकेला चना क्या भाड़ फोड़ लेगा! अकेले चने से भाड़ नहीं फूटता। प्रचार क...
- तो कौन जप करता है?...? एक ही अकेले करते हैं। तो बेटा, अकेला चना क्या भाड़ फोड़ लेगा! अकेले चने से भाड़ नहीं फूटता। प्रचार का ...
- तो कौन नाचता है?...? उसका विश्वास नाचता था। विश्वास नाचता था और श्रद्धा नाचती थी। अगर हम अपनी श्रद्धा और विश्वास का विकास...
- तो कौन शादी करेगा?...? इसीलिए पात्रता बहुत जरूरी है। कल हमने कहा था न उस दिन आपसे कहा था कि पानी का गड्ढा होना जरूरी है, बा...
- तो कौन शादी करेगा?...? इसीलिए पात्रता बहुत जरूरी है। कल हमने कहा था न—उस दिन आपसे कहा था, पानी का गड्ढा होना जरूरी है, बादल...
- तो कौन सी दिखाई पड़ती है?...? वो दिखाई पड़ती है जिनसे हम जुड़े हुए हैं जिनको हम दो-पाँच अपने कुटुम्बी कहते हैं। उन्हीं में हमारा स...
- तो कौन हैं आप?...? आपकी बिरादरी क्या है?
हम तो धोबी और भंगी हैं
कोई मुझसे जब मेरी अच्छी बिरादरी जानना च...
- तो कौन हैं आप?...? हम तो रामेश्वरम् हैं। यहाँ कैसे पड़े हैं? हम यह तलाश करने के लिए पड़े हुए थे कि किसी के पास दिल भी ह...
- तो कौन हैं आप?...? आपकी बिरादरी क्या है? हम तो धोबी और सफाईकर्मी हैं।कोई मुझसे जब मेरी अच्छी बिरादरी जानना चाहता है त...
- तो कौन हैं?...? बढ़ई हैं। बढ़ई कौन होता है? वो जो लकड़ी का धंधा करता है। ये वही हैं और अब बामन बन गए हैं। लोगों ने म...
- तो कौन हैं?...? बढ़ई हैं। बढ़ई कौन होता है? वो जो लकड़ी का धंधा' करता है। ये वही हैं और अब बामन बन गए हैं। लोगों ने म...
- तो कौन हो सकता है?...? वह कोई एक और आदमी हो सकता है। अच्छा गुरुजी! वह कौन है? वह बेटे, हम हो सकते हैं। आपकी सम्पत्ति इतनी अ...
- तो क्या हुआ था?...? समर्थ गुरु रामदास ने न जाने कहाँ से उस लड़के को पकड़ लिया था। किसको पकड़ लिया था? शिवाजी को। स्व...
- तो क्या आपने गरमी देखी है?...? नहीं गरमी भी नहीं देखी है, आग देखी है। आग की बात हम पूछते हैं, गरमी की बात पूछते हैं। नहीं साहब, ग...
- तो क्या मैं शिक्षा विरोधी हूँ?...? क्या मैं साक्षरता विरोधी हूँ? नहीं, मैं शिक्षा का विरोधी नहीं हूँ, परन्तु शिक्षा को अपने अन्दर आत्मस...
- तो क्या लड़की खाए जाती है या चिन्ता खाए जाती है, या शादी खाए जाती है?...? अरे साहब! लड़की तो बेचारी अपने घर में बैठी रहती है। अभी तो उसका ब्याह हुआ भी नहीं है। मित्रो! ब्य...
- तो क्या 24 ही हो सकते हैं?...? गायत्री मंत्र के 24 अक्षर हैं। इसीलिए एक अक्षर को एक भगवान बताया गया। महर्षि दत्तात्रेय, जिनको भगवान...
- तो क्या अगले दिन डरावने हैं?...? हाँ डरावने भी हो सकते हैं। इसके लिए हम क्या कह सकते हैं। बच्चे पैदा होते हैं तो मुसीबत भी आती है, पर...
- तो क्या अनेक तरह के भगवान् नहीं हो सकते?...? बेटे! हमें विश्वास नहीं कि अनेक तरह के भगवान् होते हैं। हमारा विश्वास इस बात के ऊपर है कि भगवान् की ...
- तो क्या अब भी देवी में चमत्कार है?...? हम जाएँ तो विवेकानन्द के तरीके से देवी हमें भी दिखाई दे सकती हैं? हमको भी आशीर्वाद दे सकती हैं? नहीं ...
- तो क्या आप अपने कपड़े भी उतार देंगे, धोती उतार देंगे और सामान भी बेच देंगे?...? यदि ऐसा करते हैं, तो फिर आप भूखों मरेंगे। असली है विश्वास मित्रो! सेंटीमेंट्स पागलपन की निशानियाँ ...
- तो क्या आप आँख से देखते हैं?...? हाँ बेटे, आँख से ही देखते हैं और देखते रहते हैं। आप भी ऐसा ध्यान कर सकते हैं।
यदि इस तरह का ध...
- तो क्या आप इनकी बातों को नहीं सुनते?...? मैंने कहा कि कभी-कभी तो मन में आ जाता है कि इनकी बात मान लें। तो वे कहते हैं कि हमारी कमेटी और हमारी...
- तो क्या आप इसी मन्दिर में से गायत्री उपासना सबको सिखा देंगे?...? नहीं बेटे, हमने तो ये प्रतीक बनाया है। यह एक सिम्बल है। हम चाहते हैं कि इसका विस्तार हो।प्रज्ञा विस्...
- तो क्या आप नर के रूप में भी बना सकते थे?...? हाँ, हम नर के रूप में भी बना सकते थे, क्योंकि ब्राह्मीशक्ति, ब्रह्मा और गायत्री एक ही शक्ति है। सरस्...
- तो क्या आप पानी नहीं पिलायेंगे?...? आपको पिलाना ही होगा। अगर आप पिलायेंगे नहीं, तो आप शंकर जी को कैसे प्यार करेंगे? भगवान दुखी हों और उन...
- तो क्या आप बता सकते हैं कि कितना मीटर है भगवान?...? इसके लिए आप क्या करेंगे?
आपके दिमाग और आपके अन्त:करण में एक सलाई डालेंगे और तीन तरीके से आपकी...
- तो क्या आप बरगद के बीज को गाली दे रहे हैं?...? नहीं भाई साहब। बरगद के बीज को मैं गाली नहीं दे रहा था। मैं तो यह कह रहा था कि बरगद का बीज कब नकारा...
- तो क्या आप भक्ति योग समझा रहे थे?...? हाँ, पर मैं वह भक्ति योग नहीं समझा रहा था, जो भक्ति योग की विकृति है। विकृति? हाँ! विकृति होती है।...
- तो क्या आप मनस्वी और तपस्वी केवल इसी जगह बनाएँगे या और कहीं अन्यत्र भी?...? नहीं बेटे, यह तो हमारी नर्सरी है। इस नर्सरी में हम छोटे-छोटे पौधे उगायेंगे और फिर उनको सारे संसार भर...
- तो क्या आप यहाँ रहेंगे?...? हम तो रहेंगे। हम तो दर्शन करेंगे। हम नहीं जाएँगे। चले गये वो लोग। मैं थोड़ा-सा सत्तू ले गया था और नमक...
- तो क्या आप शरीर की हवस पूरी कर देंगे?...? बेटे! हम नहीं पूरी कर सकते, क्योंकि यह हमारी सामर्थ्य से बाहर है। आदमी की हवस इतनी शैतान है कि इसे क...
- तो क्या आप शरीर की हवस पूरी कर देंगे?...? बेटे ! हम नहीं पूरी कर सकते, क्योंकि यह हमारी सामर्थ्य से बाहर है। आदमी की हवस इतनी शैतान है कि इसे ...
- तो क्या आप संस्कृति को खतम कर रहे हैं?...? संस्कृति रावण के मुँह में चली जाएगी, तो क्या होगा? बिलकुल यही होगा, जो अभी बताया है। बेटे! अर्थशास्त...
- तो क्या आप संस्कृति को खत्म कर रहे हैं?...? संस्कृति रावण के मुँह में चली जाएगी, तो क्या होगा? बिलकुल यही होगा, जो अभी बताया है। बेटे! अर्थशास्त...
- तो क्या आप सन्त की दुकान बन्द कर देंगे?...? नहीं, बन्द नहीं करेंगे, जब तक हम जिन्दा हैं। आगे भी चलता रहेगा।आप लोगों को हमने कई बार कहा है, हजार ...
- तो क्या आप सन्त की दुकान बन्द कर देंगे?...? नहीं, बन्द नहीं करेंगे, जब तक हम जिन्दा हैं। आगे भी चलता रहेगा।आप लोगों को हमने कई बार कहा है, हजार ...
- तो क्या आप हाड़-माँस की आँखों से दर्शन करने आए थे?...? तो माताजी किससे करें? मैं आपके सामने बैठी हूँ। आज मेरा यहाँ दूसरा दिन है। परन्तु मुझे अनुभव हो रहा ह...
- तो क्या आप हाड़-माँस की आँखों से दर्शन करने आये थे?...? तो माताजी किससे करें? मैं आपके सामने बैठी हूँ। आज मेरा यहाँ दूसरा दिन है। परन्तु मुझे अनुभव हो रहा ह...
- तो क्या आपका इशारा साम्यवाद की ओर है?...? हाँ बेटे, पैसे के मामले में लगभग मेरा इशारा यही है कि जो कमायेगा, सो खायेगा। नहीं साहब! हमारे पास बह...
- तो क्या इस बात की जरूरत नहीं है कि हम फिर से इस तरीके से लोगों में तसवीरों के प्रति अभिरुचि पैदा करें, जिसमें शिवाजी की जद्दोजहद और त्याग-बलिदान का स्वरूप परिलक्षित हो?...? क्या हम ऐसा नहीं कर सकते कि महर्षि दधीचि जिन्होंने अपनी हड्डियों तक का दान कर दिया था, उनकी तसवीरें ...
- तो क्या इसमें सलाहकारों की जरूरत पड़ेगी?...? हाँ बेटे! सलाहकारों की भी जरूरत है। आप हनुमान जी को सलाहकार बना लीजिए। अच्छा भगवान की भक्ति कैसे करन...
- तो क्या इससे कोई फायदा नहीं है?...? शरीर का फायदा होता होगा। जिस तरह से मुगदर भाजने के, पहलवानी करने के बहुत से फायदे होते हैं, उसी तरह ...
- तो क्या इसी के लिए मरना-खपना है?...? नहीं, ऊँचे लक्ष्य के लिए आप लोगों को पैदा किया गया है, जहाँ तक मेरा अनुमान है। आपका पता नहीं कैसा है...
- तो क्या इसे दान करेंगे?...? इसे क्या दान करेंगे आप? आप तो केवल अपनी गरीबी दान कर सकते हैं, अपनी कंगाली दान कर सकते हैं। अपनी ब...
- तो क्या उन्हें जाना चाहिए?...? हाँ बेटे, उन्हीं को जाना चाहिए, अन्यथा पीड़ा और पतन का निवारण कैसे होगा? छप्पर जल रहा है, तो जलता ...
- तो क्या उन्हें मारेगा?...? नहीं साहब! बाँट करके खाऊँगा। हाँ बेटे, बाँटकर खाना अच्छा है। बाँटकर नहीं खायेगा, तो तुझे हजम नहीं हो...
- तो क्या उसकी मुक्ति हो जाएगी?...? आपके खयाल से तो हो भी सकती है, पर मेरे खयाल से नहीं होगी; क्योंकि उसके भीतर कोई चिन्तन नहीं है; कोई द...
- तो क्या उसकी मुक्ति हो जाएगी?...? आपके ख्याल से तो हो भी सकती है, पर मेरे ख्याल से नहीं होगी; क्योंकि उसके भीतर कोई चिन्तन नहीं है; कोई...
- तो क्या ऐसे आदमियों की कमी है?...? नहीं, कोई कमी नहीं है। जो रिटायर हो चुके हैं, ऐसे ढेरों आदमी भरे पड़े हैं जिनके घर वाले चाहते हैं क...
- तो क्या कच्चा लोहा स्टेनलेस लोहा हो सकता है?...? हाँ हो सकता है। कब, जब लोहे को परिशोधित करते हुए, संशोधित करते हुए चले जाएँ।
सबसे बड़ा योगाभ...
- तो क्या कच्चा लोहा स्टेनलेस लोहा हो सकता है?...? हाँ हो सकता है। कब, जब लोहे को परिशोधित करते हुए संशोधित करते हुए चले जाएँ। सबसे बड़ा योगाभ्यास मित्र...
- तो क्या कर रहे हैं?...? माँज रहे हैं। अरे! तो एक बार माँज लीजिये न। नहीं साहब! एक बार नहीं, कई बार माँजेंगे। थोड़ी मिट्टी ले ...
- तो क्या करती है?...? जब जाते हैं, तभी लड़ाई शुरू कर देती है। धत् तेरे की, मुँह से लड़ती है कि तेरे साथ मार-पीट भी करती है...
- तो क्या करते हैं?...? हम ये कहते हैं पैर-से मिला करके चलिये मत। नहीं हम तो ऐसे ही चलेंगे, जैसे हमको चलना चाहिए। ऐसे नहीं च...
- तो क्या करना चाहिए?...? आपको यही करना पड़ेगा कि चौरासी लाख योनियों में भटकते हुए जो कुसंस्कार ढेरों के ढेरों इकट्ठे कर लिये ह...
- तो क्या करना चाहिए?...? आसुरी मनुष्यों को मार डालना काफी नहीं है, वरन उस वातावरण का परिशोधन करना भी अनिवार्य है। क्या करना च...
- तो क्या करना चाहिए?...? टेक्नीक के बारे में मत विचार कीजिए। आप तो सिद्धान्तों के बारे में विचार कीजिए। यह नेशनल हाइवे है, शा...
- तो क्या करना चाहिए?...? ईद के त्यौहार में मिठाइयाँ बननी चाहिए, पकौड़ियाँ बननी चाहिए, हलवा बनना चाहिए और पुलाव बनना चा...
- तो क्या करना चाहिए?...? उसके लिए अपना मनोबल मजबूत करने के लिए आपको कोई संकल्प लेना चाहिए, संकल्प-शक्ति का विकास करना चाहिए। ...
- तो क्या करना चाहिए?...? आपको स्वर्गीय जीवन जीने के लिए मनोकामना एक केन्द्र पर आगे कर लीजिए, पीछे हटा लीजिए - क्या परिणाम मिल...
- तो क्या करना पड़ेगा?...? बेटे, हमको अपने बहिरंग जीवन को परिष्कृत करना पड़ेगा।
मित्रो! बहिरंग जीवन को परिष्कृत करने के...
- तो क्या करना पड़ेगा?...? यह करना पड़ेगा कि आप अपने आप को सौंप दीजिये, अपने आप को उनके हाथ की कठपुतली बना दीजिये और देखिये भगवा...
- तो क्या करना है?...? बाप की कमाई, बाप के श्राद्ध-तर्पण में जाएगी। हमने कमाई नहीं, तो हमें इसमें कोई अधिकार नहीं।
गुरुद...
- तो क्या करूँ?...? मन को एक काम में लगा दे। किस काम में लगाऊँ? बेटे, हमारे चिन्तन के साथ में भावनाएँ जुड़ी हुई हैं। हवन ...
- तो क्या करें फिर?...? दुष्टों के प्रति द्वेष, न बेटे द्वेष करेगा तो आप ही जल जाएँगे। ईर्ष्या, ईर्ष्या से भी आप जल जाएँगे। ...
- तो क्या करें?...? बेटे! इस दुनिया से भाग जा और गुफा में चला जा। कौन-सी गुफा में? मैंने बताया तो था, अपने मन की गुफा मे...
- तो क्या करें?...? हम कमाते हैं, इसलिए हम अकेले ही खाएँगे—"केवलाघो भवति केवलादी" अर्थात जो आदमी आप ही कमाता है और आप ही...
- तो क्या करें?...? उन्हें एक युक्ति समझ में आई।
एक कहीं से जलती तीली लाया, एक ने घास-फूँस इकट्ठा किया और उसको जलाया।...
- तो क्या करें?...? घर-गृहस्थी को छोड़ दें। नहीं, बेटे! ये नहीं कहा है कि घर-गृहस्थी को छोड़ दीजिए। घर-गृहस्थी को हमने भ...
- तो क्या करें?...? अब आपको भविष्य में ऐसी विचारधारा के साथ, ऐसे लोगों के साथ, ऐसे लक्ष्य के साथ, ऐसी महान सत्ता के साथ ...
- तो क्या करें?...? बेटे! दुनिया से भाग जा और में चला जा। कौन सी गुफा में? मैंने बताया तो था, अपने मन की गुफा में। अपने ...
- तो क्या करेंगे, फिर लड़ाई-झगड़ा करेंगे?...? नहीं, बेटे लड़ाई-झगड़ा करने की कोई जरूरत नहीं है। काहे की जरूरत है? विचारों को विचारों से काटिए, सिद...
- तो क्या करेंगे?...? हम यह करेंगे कि क्रिया के माध्यम से परिणाम पाना चाहेंगे। बेटे, यह तो सम्भव नहीं, असम्भव बात है, जो आपन...
- तो क्या करेंगे?...? बस, वही सबसे सरल वाला हिस्सा पकड़ लिया है। यह भूल गए कि उपासना चार चरणों वाली होती है। उपासना का संव...
- तो क्या करेंगे?...? भगवान से मार-पीट करेंगे? मार पीट तो नहीं करूँगा, पर भगवान को बदनाम कर दूँगा या तो आप हमारा यह काम कर...
- तो क्या करेंगे?...? बस, वही सबसे सरल वाला हिस्सा पकड़ लिया है। यह भूल गए कि उपासना चार चरणों वाली होती है। उपासना का संव...
- तो क्या करेंगे?...? जब तक हमारे पिता जिन्दा हैं तब तक हम जनेऊ कैसे पहन सकते हैं? बाप जनेऊ पहनेगा। अजीब किस्सा है कि अगर ...
- तो क्या करेगा इन बच्चों का?...? मारेगा? क्या बनाना चाहता है इन्हें? नहीं साहब! मैं तो गला दूँगा और खराब कर दूँगा। इन्हें खराब मत कर,...
- तो क्या कलाई में ताकत होती है?...? बेटे! कलाई में ताकत होती है। कलाई में दरद हो रहा है या कलाई नहीं होगी तो तलवार क्या काम करेगी? कलाई ...
- तो क्या कहता है?...? कहता है कि मैं तो सब तुम्हारी शहद की मक्खियों को संगीत की विद्यार्थिनी बनाऊँगा और संगीत में एम.ए. कर...
- तो क्या कहूँ?...? यों कह कि एक बुड्ढा व्यक्ति मर गया। बुड्ढा कैसे? वह तो लड़का था। नहीं बेटे, वह बुड्ढा था। बुड्ढा आदम...
- तो क्या कहूँ?...? देखने आये हैं, यों कहना। तो साहब! गुरुजी! देखने में और दर्शन में क्या फर्क होता है? बेटे, दर्शन में ...
- तो क्या कहूँ?...? यों कह कि एक बुड्ढा व्यक्ति मर गया। बुड्ढा कैसे? वह तो लड़का था। नहीं बेटे, वह बुड्ढा था। बुड्ढा आदमी...
- तो क्या कहेंगे?...? जो भी चाहे आप कह सकते हैं, पर इस कमीनेपन को प्यार मत कहना। दुष्टों का प्यार! अच्छा, गुरुजी! इस तरह...
- तो क्या काम करें?...? बस, यही मैं बताने वाला हूँ, तीसरा वाला काम। तीसरा वाला काम भी अगर आप कर लेते हैं, तो समझिये कि आप कल...
- तो क्या किया उन्होंने?...? माल मारा? मकान बनाए? जायदाद बनाई? औरतों के लिए सोने के जेवर बनाए? क्यों साहब! जो देवता जितना बड़ा मा...
- तो क्या किया उन्होंने?...? माल मारा? मकान बनाए? जायदाद बनाई? औरतों के लिए सोने के जेवर बनाए? क्यों साहब! जो देवता जितना बड़ा माल...
- तो क्या किसी काम में आपकी एकाग्रता होती है?...? हर काम में बिखराव है। आप अपने मन को निग्रहीत करना सीखिए। जब जो काम करना हो, तब उसमें इतनी मुस्तैदी स...
- तो क्या किसी काम में आपकी एकाग्रता होती है?...? हर काम में बिखराव है। आप अपने मन को निग्रहीत करना सीखिए। जब जो काम करना हो, तब उसमें इतनी मुस्तैदी स...
- तो क्या किसी काम में आपकी एकाग्रता होती हैं?...? हर काम में बिखराव है। आप अपने मन को निग्रहीत करना सीखिए। जब जो काम करना हो, तब उसमें इतनी मुस्तैदी स...
- तो क्या केवल हाथों की उलटा-पलटी और जीभ की नोंक की हेरा−फेरी से भगवान प्रसन्न नहीं होता है?...? हाँ बेटे, नहीं होता है। तो किससे प्रसन्न होता है? आपके मन से, हृदय से और भावनाओं से।
चेतना व...
- तो क्या कौवे की बात-चीत लोमड़ी समझ सकती हैं?...? नहीं बेटे! ये झूठ नहीं है। बालकों को आकर्षक ढंग से, पहेली के ढंग से, प्रिय बुजुर्गों के ढंग से उनको ...
- तो क्या कौवे की बातचीत लोमड़ी समझ सकती है?...? नहीं साहब! तो फिर इन कहानियों में ये क्या झूठ लिखा है? नहीं बेटे! ये झूठ नहीं है। बालकों को आकर्षक ढ...
- तो क्या खायें?...? महाराज जी! मैं तो आपके लिए ऐसी खुराक लाऊँगा जो आपके भी काम आ सके और आपके बैल के भी काम आ सके। इससे...
- तो क्या गाय को चारा भी खिलाना पड़ेगा, दाना भी खिलाना पड़ेगा, पानी भी पिलाना पड़ेगा, रखवाली भी करनी पड़ेगी और गाय को दुहना भी पड़ेगा?...? हाँ! नहीं साहब! अगर इतना झगड़ा है तो यह हम नहीं कर सकते। तो बेटे, गाय का दूध नसीब नहीं हो सकता। नहीं...
- तो क्या गाय को चारा भी खिलाना पड़ेगा, दाना भी खिलाना पड़ेगा, पानी भी पिलाना पड़ेगा, रखवाली भी करनी पड़ेगी और गाय को दुहना भी पड़ेगा?...? हाँ। नहीं साहब! अगर इतना झगड़ा है तो यह हम नहीं कर सकते। तो बेटे, गाय का दूध नसीब नहीं हो सकता। नहीं...
- तो क्या गोवर्धन उन्होंने स्वयं उठा लिया था?...? नहीं, यह भी सम्भव नहीं था। यह सब कार्य उन्होंने ग्वाल-बालों के सहयोग से पूरा किया।जगत की परम्परा को ...
- तो क्या चाहते हैं आप?...? बिना झगड़े के काम बताइए। बिना झगड़े के काम वही हैं, जो मैं बता रहा था। बाजीगर का धन्धा कीजिए—मुट्ठी मे...
- तो क्या चीज दी है?...? एक ही चीज दी है कि उनके अन्तरंग में कोई ऐसी हूक और एक ऐसी उमंग और ऐसी हिम्मत पैदा कर दी होगी, जो आदमी...
- तो क्या जरूरी है?...? बेटे के लिए विरासत छोड़ कर जाइए ताकि आदमी ये कह सके कि किसका बच्चा था? जिससे आपका सम्मान बढ़े। न केव...
- तो क्या तुम्हारी जबान इस लायक है कि उससे जप किया जा सके?...? मैंने कहा कि मुझे क्या पता। उन्होंने कहा कि हर बन्दूक से कारतूस नहीं चल सकती। बढ़िया वाली बन्दूक में ...
- तो क्या था?...? उनका आत्मबल था, उनकी श्रद्धा थी। उन्होंने कहा—"जिधर आप चलाएँगे, हम उधर ही चलते जाएँगे।" उनके गुरुदेव...
- तो क्या दें—रुपया-पैसा दें?...? नहीं, रुपये-पैसे की कोई आवश्यकता नहीं है। भगवान ने बहुत दिया है और देता रहेगा। तुम्हारे सामने क्यों ...
- तो क्या धन का भी पुंज है?...? हाँ, धन का भी पुंज है, सामर्थ्य का भी पुंज है और पैसे का पुंज है। जो मालदार आदमी होते हैं, वे अपनी स...
- तो क्या धन से हमारी समस्याएँ सुलझ जायेंगी?...? बेटे, धन से समस्याएँ नहीं दूर हो सकतीं। विज्ञान से भी नहीं हो सकती, पैसे से भी नहीं हो सकती। जब आद...
- तो क्या नल-नील में इतनी ताकत थी?...? नहीं, भगवान की ताकत थी। अच्छे उद्देश्यों के लिए , अच्छे कामों के लिये भगवान की हमेशा सहायता मिलती रह...
- तो क्या नारी से अलग रहें?...? नहीं, मैं अलग रहने का हिमायती नहीं हूँ। कुटुम्ब में आप अलग नहीं रह सकते। माँ से अलग रहिए? बेटे, माँ ...
- तो क्या नेवला इससे सुनहला हो जाएगा?...? नहीं होगा। अच्छा तो मैं चार रोटी की जगह छह रोटियाँ रख दूँ अथवा एक किलो आटे की रोटियाँ थाली में रख दू...
- तो क्या नेवला इससे सुनहला हो जाएगा?...? नहीं होगा। अच्छा तो मैं चार रोटी की जगह छह रोटियाँ रख दूँ अथवा एक किलो आटे की रोटियाँ थाली में रख दू...
- तो क्या पखेरू हार गया और रावण जीत गया?...? नहीं बेटे, पखेरू जीत गया। रामचंद्र जी जब आए, तो उन्होंने पखेरू को छाती से लगा लिया, अपने हाथों से उस...
- तो क्या पखेरू हार गया और रावण जीत गया?...? नहीं बेटे, पखेरू जीत गया। रामचंद्र जी जब आए, तो उन्होंने पखेरू को छाती से लगा लिया, अपने हाथों से उस...
- तो क्या पच्चीस कुण्डीय यज्ञों के माध्यम से पुरश्चरण होगा?...? यज्ञ नहीं बेटे! पुरश्चरण। यज्ञ और पुरश्चरण क्या फर्क पड़ता है? बेटे! अब तक जो हमारे यज्ञ थे, वे प्रशि...
- तो क्या पच्चीसकुण्डीय यज्ञों के माध्यम से पुरश्चरण होगा?...? यज्ञ नहीं बेटे! पुरश्चरण। यज्ञ और पुरश्चरण में क्या फरक पड़ता है? बेटे! अब तक जो हमारे यज्ञ थे, वे प...
- तो क्या परशुराम जी अवतार थे?...? हाँ बेटे, कह तो रहा हूँ कि परशुराम जी अवतार थे। तो उनकी क्या कीमत थी? तीन पैसे। और रामचन्द्र जी की...
- तो क्या पुण्य मिला?...? बेटे! मैं समझता हूँ कि कोई पुण्य नहीं मिला होगा। जो भी आदमी उन्हें देखने के लिए अपना किराया-भाड़ा खर...
- तो क्या पूजा-पाठ का, मन्त्र जप का विधान गलत है?...? क्या यह ऋषियों की धोखेबाजी है? कोई बौद्धिक मायाजाल है? न, ऐसी बात नहीं। अगर आपने ऐसा विचार किया है व...
- तो क्या पढ़ाने से यह शैतानी दूर हो जायेगी?...? नहीं बेटे, पढ़ाने से बढ़ेगी, आज जितना ज्यादा पढ़ा-लिखा आदमी मुझे दिखाई पड़ता है, उसके अन्दर मुझे शैतान औ...
- तो क्या फायदा इस योगा से?...? मित्रो! योग शारीरिक नहीं हो सकता। शारीरिक क्रिया एवं योग की दिशा में जरूर मदद कर सकती हैं, यह म...
- तो क्या फायदा हुआ इससे?...? कुछ भी फायदा नहीं हुआ। बूढ़ा आदमी था, बैठा हुआ था, चेहरे पर झुर्रियाँ पड़ी हुई थीं, सफेद बाल वाला था। ...
- तो क्या बड़ों को भी मिलती हैं?...? हाँ बड़ों को भी मिलती है। बड़ों को कब मिलती हैं? बड़ों को तब मिलती हैं जब वे मुसीबत में फँसे हुए होत...
- तो क्या बन गया?...? ये बन गया गोल। अच्छा और निकालिए। देखिए अभी और निकालते हैं-फूँ बन गया रुपया। फूँ-ये बन गया कबूतर। ये ...
- तो क्या बाहर जाकर के जोखिम उठाएँगे?...? हाँ, हम जोखिम उठाएँगे। ठंढक में मर जाएँगे? हाँ, हम मर जाएँगे, लेकिन हमको कैद में रहना मंजूर नहीं है।...
- तो क्या बुड्ढे हो गए हैं?...? नहीं बेटे, मन से तो बुड्ढे नहीं हुए हैं। मन से तो जब तक जिएँगे, तब तक बुड्ढे होने का कोई सवाल ही नही...
- तो क्या बुद्ध ने बड़े व्याख्यान दिए थे?...? हाँ बेटे, बुद्ध ने बड़े व्याख्यान दिए थे, लेकिन व्याख्यान देने के साथ-साथ में उसके नमूने भी पेश किए ग...
- तो क्या बुद्ध ने बड़े व्याख्यान दिए थे?...? हाँ बेटे, बुद्ध ने बड़े व्याख्यान दिए थे, लेकिन व्याख्यान देने के साथ साथ में उसके नमूने भी पेश किए ग...
- तो क्या बेटे से कथा कहलवायेंगे, बाप से नहीं कहलवायेंगे?...? हाँ, बेटे से कहलवायेंगे? क्यों? क्या वजह है? बच्चा तो बच्चा है, बाप तो विद्वान है। क्या कारण है?
...
- तो क्या भगवान का कोई स्वरूप नहीं है?...? बेटे! भगवान का स्वरूप तो है। साकार और निराकार भगवान के दो स्वरूप हैं, परन्तु ये किसलिए हैं और उनका उद...
- तो क्या भगवान की शक्ल नहीं है?...? नहीं, भगवान की शक्ल नहीं हो सकती।
साथियो! जिसकी कोई शक्ल नहीं हो सकती, उसको आप क्या चीज खिलाए...
- तो क्या भगवान की शक्ल नहीं है?...? नहीं, भगवान की शक्ल नहीं हो सकती।साथियो! जिसकी कोई शक्ल नहीं हो सकती, उसको आप क्या चीज खिलाएँगे? अरे...
- तो क्या भगवान ध्यान नहीं रखता?...? तो क्या भगवान नाराज हो जाता है? क्या जो आदमी जप करेगा उसी से प्रसन्न होगा, जो जप नहीं करेगा उससे प्र...
- तो क्या भगवान नाराज हो जाता है?...? क्या जो आदमी जप करेगा उसी से प्रसन्न होगा, जो जप नहीं करेगा उससे प्रसन्न नहीं होगा। नहीं, जप करने का...
- तो क्या भगवान ने बिल्वमंगल को तारा?...? बिल्कुल तारा, लेकिन तारने से पहले उनको सूरदास बना दिया। तारने से पहले भगवान उनकी जिन्दगी की दिशाएँ बद...
- तो क्या भगवान ने बिल्वमंगल को तारा?...? बिलकुल तारा, लेकिन तारने से पहले उनको सूरदास बना दिया। तारने से पहले भगवान उनकी जिन्दगी की दिशाएँ बदल...
- तो क्या भगवान बुद्ध ने हिन्दुस्तान का, सारे एशिया का बेड़ा गर्क नहीं कर दिया था?...? नहीं मित्रो! ऐसा नहीं हो सकता। यह काम पीछे वालों का अनुयायियों का तो हो सकता है, पर भगवान बुद्ध का न...
- तो क्या भजन करें?...? हाँ भजन तो करना ही पड़ेगा। भजन तो हम भी करते हैं, लेकिन उतने से ही काम पूरा नहीं होगा। भजन के साथ-साथ...
- तो क्या भाव करेगी गिनती?...? एक रुपये में एक करूँगी गिनती। अरे भाई! देखो, इतनी महँगाई थोड़े ही है। अच्छा, तो कितने में करेगी? बारह...
- तो क्या भीतर कोई चीज नहीं है?...? बेटे असल में जो कुछ भी चीज है, वह भीतर ही है बाहर नहीं है बाहर केवल दिखाई पड़ती हैं, पर असल में हर ची...
- तो क्या भीतर कोई चीज नहीं है?...? बेटे असल में जो कुछ भी चीज है, वह भीतर ही है बाहर नहीं है बाहर केवल दिखाई पड़ती हैं, पर असल में हर ची...
- तो क्या भीतर कोई चीज नहीं है?...? बेटे! असल में जो कुछ भी चीज है, वह भीतर ही है, बाहर नहीं। बाहर केवल दिखाई पड़ती है पर असल में हर चीज ...
- तो क्या भौतिक महत्त्वाकांक्षाएँ खराब हैं?...? नहीं, बेटे वे खराब उस सीमा तक नहीं हैं, जिसमें कि आदमी को शरीर के गुजारे के लिए जितना धन आवश्यक है, ...
- तो क्या महत्त्वाकाँक्षाएँ खत्म कर देने से आदमी का वर्चस् खत्म हो जाएगा?...? नहीं बेटे, उसके प्वाइंट बढ़ा दें, दिशाएँ बदल दें। जीवन को बड़प्पन की अपेक्षा महानता की दिशा में मोड़ दे...
- तो क्या महत्त्वाकाँक्षाएँ ख़त्म कर देने से आदमी का वर्चस् खत्म हो जाएगा?...? नहीं बेटे, उसके प्वाइंट बढ़ दे, दिशाएँ बदल दे। जीवन को बड़प्पन की अपेक्षा महानता की दिशा में मोड़ दे कि...
- तो क्या महाराज जी, उसको भी कुछ देना पड़ेगा?...? हाँ बेटे, क्योंकि इसमें सारा धन उसी का लगा हुआ है। तू तो केवल उसकी फैक्टरी में काम करता है। तू तो का...
- तो क्या मिलेगा?...? खालिस अज्ञान आपके पल्ले पड़ेगा और अज्ञान से आपको- आदमी को सिवाय नुकसान उठाने के कुछ पल्ले नहीं पड़...
- तो क्या मैं बच्चे को मारने वाली हूँ?...? नहीं आप तो देवी हैं, आप बच्चे को कैसे मार सकती हैं? बच्चों के सिर के बाल लोग मेरे ऊपर पटक जाते हैं, ...
- तो क्या यह गऊ माता को खिलाना नहीं हुआ?...? हमारी आँखें भी गाय हैं। देखिए हम अपनी आँखों को सिनेमा दिखाते हैं। गायों का पालन करते हैं। इंद्रियाँ ...
- तो क्या यह गऊ माता को खिलाना नहीं हुआ?...? हमारी आँखें भी गाय हैं। देखिए हम अपनी आँखों को सिनेमा दिखाते है। गायों का पालन करते हैं। इंद्रियाँ ज...
- तो क्या यह डबल हत्या नहीं हो गई?...? मुकदमा नहीं चलेगा? नहीं, क्योंकि यह पत्तों का बादशाह था। पत्तों का बादशाह कैसा होता है, जिसमें न...
- तो क्या यह बँट रहे हैं?...? नहीं, अनुदान बँटते नहीं हैं। क्या चीजें बँटती हैं? जो साधारण हैं। अनुदान की गणना साधारण वस्तु में नह...
- तो क्या यह यहीं तक पूरा हो जाएगा?...? अरे नहीं बेटे, यह तो अभी पाँच लाख है, अभी देखता जा आगे कितना होता है। क्यों? अन्त:करण में जो देवता बै...
- तो क्या यह वरदान सत्र है?...? नहीं मित्रो! यह वरदान सत्र नहीं है। वरदान के लिए सत्र की क्या आवश्यकता है? वरदान माँगने तो लोग यहाँ ...
- तो क्या यह शिकायत गलत है?...? बिलकुल सही है। सौ फीसदी सही है। यह बादलों का बड़ा अन्याय व पक्षपात है। ये कहीं हरियाली पैदा करते हैं...
- तो क्या ये सब फ्राड है?...? किनका फ्राड है? दवाफरोशों का फ्राड है, जो लोगों को सब्जबाग दिखा करके ये चीजें बेचते रहते हैं और कहते...
- तो क्या ये सब फ्राड है?...? किनका फ्राड है? दवाफरोशों का फ्राड है, जो लोगों को सब्जबाग दिखा करके ये चीजें बेचते रहते हैं और कहते...
- तो क्या राजनीति की कोई सेवा नहीं की हनुमान जी ने?...? भला हनुमान जी से बढ़कर राजनीति की सेवा और कौन कर सकता था? रावण को उखाड़ करके विभीषण की स्थापना करन...
- तो क्या राजनीति की कोई सेवा नहीं की हनुमान जी ने?...? भला हनुमान जी से बढ़कर राजनीति की सेवा और कौन कर सकता था? रावण को उखाड़ करके विभीषण की स्थापना करने की...
- तो क्या रामकृष्ण की कृपा एक पर ही थी?...? नहीं, असलियत यह नहीं है। उनकी सब पर कृपा बरसती थी, पर उन्होंने अपने को बदला नहीं, जबकि विवेकानन्द ने...
- तो क्या रामकृष्ण परमहंस ने उनकी सहायता की?...? नहीं, ऐसा मत कहिए। रामकृष्ण परमहंस के लिए सहायता करना मुमकिन रहा होता, तो हजारों आदमी उनके पास आया क...
- तो क्या रामचंद्र जी ने रावण को मार डाला था?...? बेटे, रावण को मारने भर से कोई परास्त नहीं हो सकता था। नये आदमी फिर से पैदा हो सकते थे। युद्धों के नत...
- तो क्या रामचंद्र जी ने रावण को मारा था?...? नहीं, निन्यानवे आदमियों ने मिलकर के रावण को मारा था।
निष्कलंक प्रज्ञावतार
इसलिए मित्...
- तो क्या रामचंद्र जी ने रावण को मारा था?...? नहीं, निन्यानवे आदमियों ने मिलकर के रावण की मारा था। निष्कलंक प्रज्ञावतार इसलिए मित्रो ! इतने बड़े म...
- तो क्या रामचन्द्र जी ने रावण को मार डाला था?...? बेटे, रावण को मारने भर से कोई परास्त नहीं हो सकता था। नए आदमी फिर से पैदा हो सकते थे। युद्धों के नती...
- तो क्या रामचन्द्र जी रावण को मार सकते थे?...? बिल्कुल मार सकते थे। रामचन्द्र जी में इतनी शक्ति थी कि रावण सहित एक-एक राक्षस को मार डालते और अकेले ...
- तो क्या लाये थे हनुमान जी?...? नहीं साहब! लाये तो कुछ नहीं थे। और देवी कुछ लायी थी? नहीं साहब! रात में सपने में देवी दिखाई पड़ी। प...
- तो क्या लड़की की शादी में सारा धन खर्च कर देते हैं?...? नहीं साहब! नहीं खर्च करते। आप देने वालों में सारा खर्च करते हैं क्या? हमने भी देने वालों में सारा खर...
- तो क्या वह आपके पेट में से पैदा हुआ था?...? नहीं साहब! हमारे पेट में से पैदा नहीं हुआ था। फिर उसके मर जाने से आपका क्या नुकसान हुआ? रोज दूध पीता...
- तो क्या वह पहाड़ भी उठा लेगा?...? नहीं साहब! पहाड़ तो नहीं उठा सकता। पहाड़ नहीं उठा सकता, तो देख हनुमान जी ने ऊँचे उद्देश्य के लिए पहा...
- तो क्या वह पहाड़ भी उठा लेगा?...? नहीं साहब! पहाड़ तो नहीं उठा सकता। पहाड़ नहीं उठा सकता, तो देख हनुमान जी ने ऊँचे उद्देश्य के लिए पहाड़ ...
- तो क्या वह मौका दोबारा आएगा?...? बेटे! अब तो हम सत्तर साल के हैं। अब अगर गाँधी जी होते तो हम कहते कि अब आप हमको लेकर चलिए और हमारी भी...
- तो क्या वह मौका दोबारा आएगा?...? बेटे अब तो हम सत्तर साल के हैं। अब अगर गाँधी जी होते तो हम कहते कि अब आप हमको लेकर चलिए और हमारी भी ...
- तो क्या वहाँ खीर खाने जाएँगे?...? उसके लिए वहाँ स्वर्ग होता है, हमें यह स्वर्ग चाहिए, जहाँ व्यक्ति हमारा स्वर्ग में निवास करता हो। वह ...
- तो क्या वहाँ खीर खाने जाएँगे?...? उसके लिए यहाँ स्वर्ग होता है, हमें यह स्वर्ग चाहिए जहाँ व्यक्ति हमारा स्वर्ग में निवास करता हो वह है...
- तो क्या विधि बेकार है?...? मैं कब बेकार कहता हूँ।
परहेज, आहार-विहार का महत्त्व
बेटे ! मैंने आपको कब कहा कि दवा ...
- तो क्या विधि बेकार है?...? मैं कब बेकार कहता हूँ। परहेज, आहार- विहार का महत्त्व बेटे! मैंने आपको कब कहा कि दवाखाना बेकार है। दव...
- तो क्या वे वेद विरुद्ध थे?...? नहीं बेटे, वे वेद विरुद्ध नहीं थे। उन्होंने उस समय जो स्वरूप देखा, सो मना कर दिया। वे क्या थे? बुद...
- तो क्या वे सब हमारे लिए आवश्यक नहीं हैं?...? बेटे, आप चार गुणों को ही ग्रहण कर लें और उन चारों को जीवन में उतार लें, तो आपका भला हो सकता है और आप...
- तो क्या वेदों का ज्ञान हमें नहीं मिलेगा?...? नहीं बेटे, कोई ज्ञान नहीं मिलेगा, क्योंकि वेदों को तूने पढ़ा तो है नहीं।साथियो! अध्यात्म के बारे मे...
- तो क्या वेदों का ज्ञान हमें नहीं मिलेगा?...? नहीं बेटे, कोई ज्ञान नहीं मिलेगा, क्योंकि वेदों को तूने पढ़ा तो है नहीं।
(क्रमशः)
(गता...
- तो क्या शंकर भगवान की जटाओं से गंगा नहीं निकलती है?...? नहीं बेटे, जटाओं में से कोई गंगा नहीं निकलती और न कोई ऐसे शंकर भगवान होंगे, जिनकी जटाओं में से पान...
- तो क्या शंकर भगवान को जबर्दस्ती तैयार करा लिया कि आपको ब्याह करना पड़ेगा?...? नहीं! फिर पार्वती जी ने क्या काम किया था? पार्वती जी ने महादेव जी को मिठाई खिलाई थी? नहीं महाराज ज...
- तो क्या संकल्प और परिश्रम में, विश्वास में भगवान मदद करता है?...? हाँ बेटे, भगवान भी मदद करता है। टिटहरी क्या कर रही थी? समुद्र टिटहरी का अण्डा बहा ले गया था। टिटहरी...
- तो क्या सबकी टेंशन हो जाएगा?...? हाँ। अगर टेंशन न हुआ तो और बीमारी हो जाएगी। डायबिटीज हो जाएगी। नींद न आने की शिकायत हो जाएगी। पेप्टि...
- तो क्या सबको टेंशन हो जाएगा?...? हाँ। अगर टेंशन न हुआ, तो और बीमारी हो जाएगी। डायबिटीज हो जाएगी। नींद न आने की शिकायत हो जाएगी। पेप...
- तो क्या सबसे आगे बुड्ढा ब्राह्मण आया?...? नहीं, ब्राह्मणी आई, उसने कहा कि भगवान हमको दीजिए वरदान।
शंकर जी ने कहा कि ले लो वरदान। क्या चाहिए...
- तो क्या सेना पण्डितों की थी या उपदेशकों की?...? नहीं भाई! तपस्वियों की थी। तपस्वियों की सामर्थ्य असीमित होती है। सामर्थ्य की दृष्टि से एक ही व्यक्ति...
- तो क्या सेवा और पूजा नहीं करनी चाहिए?...? वो भी बता देंगे बाबा! उसमें क्या ऐसी बड़ी-सी बात है? वो कोई बड़ी-सी बात नहीं है। माँगना हो, तो हाथ जोड़...
- तो क्या हनुमान जी कमजोर थे?...? न होते तब बालि के साथ लड़ाई की होती और अपने बॉस की बीवी को नहीं छिनने दिया होता और अपनी जायदाद नहीं छ...
- तो क्या हम अकेले कर लेंगे?...? नहीं आप अकेले कहाँ हैं? पीठ पीछे हम जो हैं। हम आपकी जरूर सहायता करेंगे।...
- तो क्या हम पढ़ना-लिखना छोड़ दें?...? पढ़ाई छोड़ने से हमारे आगे वही हालात पैदा हो जाएँगे, जैसे गाँवों में पहले एक ही आदमी पढ़ा-लिखा होता था...
- तो क्या हम बच जाएँगे?...? नहीं बेटे! तब भी नहीं बचेंगे आप। पाण्डव भाग गए थे। कहाँ बचे। लाक्षागृह में जलाए गए। बेचारे कहाँ-कहाँ...
- तो क्या हमने इसीलिए आपको बुलाया है?...? क्या नमक, तेल, हल्दी के मामलों की बात, दैनिक घरेलू कार्यों की बात बतलाने हेतु हमने आपको बुलाया है? न...
- तो क्या हमारी कामनायें पूरी हो सकती हैं?...? हाँ मित्रो! आपकी कामनायें पूरी हो सकती हैं। लेकिन उसका तरीका यह नहीं है कि जो चीजें आप माँगते हैं, व...
- तो क्या हरी झंडी में गाड़ी चलाने की ताकत है?...? नहीं बेटे, इसमें ताकत नहीं है। वह तो केवल इशारा है। क्या इशारा है? यही कि अब आप गाड़ी को चला सकते ह...
- तो क्या हर्ज है?...? मान लिया दुःख है। बेटे! कोई दुःख नहीं है, केवल अज्ञान का दुःख है।
सुरसा की तरह है हवस
...
- तो क्या हर्ज है?...? लाओ, वही लाओ। अरे सब्जी भी नहीं बनी है। सब्जी भी मैंने नहीं रखी, दोपहर ही सब साफ हो गई। अच्छा तो लाओ...
- तो क्या हीरे को कष्ट नहीं होता?...? हाँ होता है, लेकिन जैसा कुछ भी कच्चा था हीरा, काट देने और छील बाद में ही तो उसमें चमक आई। कीमत उसी क...
- तो क्या हुआ आपका मतलब यह है कि मैं अपने बच्चे की सुरक्षा के लिए सामाजिक हित का परित्याग कर दूँ?...? उन अध्यापक ने कहा।...
- तो क्या हुआ औरत से क्या मतलब है?...? औरत से बच्चे होते हैं कोई। ऋषियों के औरतें नहीं थीं फिर भी उनकी अनेकों सन्तानें थीं। औरतें होना अलग ब...
- तो क्या हुआ?...? मंगाराम के जो बिस्कुट होते हैं, तो ठंढे होते हैं कि गरम होते हैं। तो क्या हर्ज है? लाओ, वही लाओ। अरे...
- तो क्या हुई?...? नहीं साहब! ये तो वो हैं। ये लोग नहीं हो सकते। ये समाजवादी हैं, ये फलानेवादी हैं, ढिमाकेवादी हैं। इनक...
- तो क्या है इसमें?...? इसमें सविता का मंत्र है। सविता क्या होता है? सविता होता है, पुरुष। पुरुष कैसे होता है? जिसमें सा...
- तो क्या है?...? बराबर ये दबाव रहता है ये काम करना था जो हम नहीं कर पा रहे हैं, चप्पल इसीलिए तो नहीं पहनते। चप्पल बार...
- तो क्या हो गया?...? गुरुजी! भैंस का दूध साढ़े चार से साढ़े पाँच किलो नहीं हुआ और गुरुजी! नौकरी में तरक्की भी नहीं हुई। म...
- तो क्या हो जाएँगे?...? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस्ता है। इससे अच्छा उपाय और क्या हो सकता है! नकल बनानी है, तो ऐसी न...
- तो क्या हो जाएँगे?...? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस्ता है। इससे अच्छा उपाय और क्या हो सकता है। नकल बनानी है, तो ऐसी न...
- तो क्या हो जाएगा?...? केवल मनोरंजन हो जाएगा। इसीलिए हम आपसे यह कह रहे थे कि आप एक काम और कर लें तो मजा आ जाए। अभी आपने...
- तो क्या हो जाएगा?...? कायाकल्प हो जाएगा। आपका क्या मतलब है? बेटे! इसका मतलब यह है कि अभी तक हमारी प्रेरणा का केन्द्र बहुत ह...
- तो क्या हो सकता है?...? बेटे! वो हो सकता है, जो मैं आपसे निवेदन कर रहा था कि आप पात्रता का विकास करें। पात्रता का विकास ...
- तो क्या होगा?...? नेचर आपके उस गिलास में हवा भर देगी। हवा कहाँ पड़ी है? वहाँ पड़ी है, दुकान पर। क्या कह रही थी...
- तो क्या होगा?...? वह समधी नाराज हो जाएगा और आइंदा आपके यहाँ नहीं आएगा। जमाई भी नाराज हो जाएगा और फिर दोबारा नहीं आएगा।...
- तो क्या होगा?...? तो वह करेंट आपको भी पकड़ लेता है। फिर क्या होगा? भगवान की जो गरमी है, वह आपके भीतर आ जाएगी। अगर भगवा...
- तो क्या होना चाहिए?...? मित्रो! पानी बरसता है, हर चीज मुलायम हो जाती है और गीली हो जाती है, तो मैं ये पूछता हूँ कि चट्टान गी...
- तो क्या होने वाला है?...? बेटे! हम और आप आपस में लड़ेंगे और एकदूसरे को मारकर खा जाएँगे। आदमी एकदूसरे को दाँतों से चीर डालेगा। ...
- तो क्या होने वाला है?...? बेटे! हम और आप आपस में लड़ेंगे और एक-दूसरे को मारकर खा जाएँगे। आदमी एक-दूसरे को दाँतों से चीर डालेगा।...
- तो क्या-क्या चीज पूरी होती है?...? संकल्प पूरे होते हैं। आदमी ने संकल्प किया है तो वह जरूर पूरा हो करके रहेगा। संकल्प में रुकावट डालन...
- तो क्या-क्या सिखाया?...? हमने कहा—साहब! सबसे पहले संडास साफ करना सिखाया, झाड़ लगाना सिखाया और कुछ नहीं सिखाया। तो हम बताते है...
- तो क्यों देवता जी आपके पास क्या ट्रांसफर कराने का कोई डिपार्टमेंट है?...? नहीं साहब! हमारे हाथ में नहीं है ट्रांसफर। आप क्या काम करते हैं? हम डीलिंग में नहीं जाते हैं। ट्रांस...
- तो क्यों नहीं दिया?...? आपको अपने मस्तिष्क को काम देना पड़ेगा। काम देने का नाम है—ध्यान। ध्यान उस चीज का नाम है, जिसमें कि हम...
- तो गंगा जी आपकी हैं?...? गंगा जी हमारी नहीं होती तो हम इसमें नहा कैसे रहे होते। हम इसमें बारह घण्टे खड़े रहेंगे, देखेंगे कि इसम...
- तो गणेश जी ने तुझे छुआ क्या?...? नहीं, मुझे छुआ तो नहीं। लक्ष्मी जी ने तुझे छुआ? नहीं तो। किसी भगवान ने छुआ? गायत्री ने छुआ? नहीं, अग...
- तो गणेश जी ने तुझे छुआ क्या?...? नहीं, मुझे छुआ तो नहीं। लक्ष्मी जी ने छुआ? नहीं, अगर छुआ होता तो बेटा तू सोना हो जाता, पारस हो जाता।...
- तो गुरुजी आपका नुकसान हो जाएगा?...? नहीं, बेटा, हमारा क्या नुकसान हो जाएगा? अभी ये लड़के गा रहे थे—‘कोई साथ न दे तो अकेला चल।’ अकेले चल द...
- तो गुरुजी हमारी कमाई का क्या होगा?...? आपकी कमाई बेटे को मिलने वाली है, साले को मिलने वाली है, जमाई को मिलने वाली है। आपने अपनी बीबी को त...
- तो गुरुजी, आप बड़े कंजूस रहे होंगे?...? नहीं बेटे, हम कंजूस नहीं हैं। हमसे ज्यादा उदार संसार के पर्दे पर कोई नहीं हो सकता। हमने खूब खरच किया...
- तो गुरुजी, आप भी हमारी कुण्डली जगा देंगे?...? हाँ बेटे, हम जगा देंगे। इसके लिए तो हम व्याकुल हैं। जिस तरह गाय के थनों में दूध फटा पड़ता है और वह उ...
- तो गुरुजी, आप भी हमारी कुण्डली जगा देंगे?...? हाँ बेटे, हम जगा देंगे। इसके लिए तो हम व्याकुल हैं। जिस तरह गाय के थनों में दूध फटा पड़ता है और वह उस...
- तो गुरुदेव क्या आज्ञा है?...? दूध चाहिए सिंहनी का, तू दूध लाएगा सिंहनी का। उन्होंने कहा—संकल्प मेरा है और शक्ति गुरुदेव आपकी है, म...
- तो चलिए देवी क्या हो सकती है?...? यह बताता हूँ आपको। हमारी अन्तश्चेतना के अलावा कोई देवी नहीं है। हमारी अन्तश्चेतना जब विकसित होती है तो...
- तो जहर कौन पिएगा?...? मेरे प्राणों से प्यारी मीरा, श्रद्धा की मूर्ति मीरा जहर क्यों पिएगी?
बेटे, उसके गिरिधर गोपाल ने उ...
- तो ज्ञान का क्या करेंगे?...? ज्ञान को कर्मयोग में परिणत कीजिए। ज्ञानयोग की सार्थकता इसी में है। ज्ञान अगर कर्मयोग में परिणत नही...
- तो टिकट दे देगा?...? हाँ, दे देगा। इसकी जरूरत है? हाँ, बहुत जरूरत है। अगर आप नहीं कहेंगे तो स्टेशन मास्टर को मालूम कैसे प...
- तो तुझे सुनाई नहीं पड़ता क्या?...? दिखाई नहीं पड़ता क्या? नहीं महाराज जी मुझे तो दिखाई नहीं पड़ता। देख, अपने सीने पर हाथ रखकर, देख-कौन बो...
- तो तुम क्या दोगे जरा बताना?...? हम कुछ नहीं देंगे। तुम काम आओगे समाज के, राष्ट्र के। काम आओगे राष्ट्र के जिस पर विपत्तियाँ छाई हुई ह...
- तो तू इसलिए भगत बन रहा था?...? हाँ, महाराज जी! इसीलिए बन रहा था। तो बेटे! भगत का यह तरीका नहीं है। भगत का तरीका यह है कि हम बड़े है...
- तो तू इसीलिए चेला बनता था?...? नहीं, महाराज जी! मैं कहता तो था कि आपका चेला हूँ, पर हूँ गुरु! अच्छा, तो तू गुरु है, पर बनता है चेला...
- तो तू भगवान जी की नाक काटेगा?...? हाँ गुरुजी! ये तो नाक काटने से ही काबू में आएगा।
शक्लें इनसान की गढ़ी हुईं
मित्रो! क...
- तो तैने हमको देखा नहीं?...? हमारा फोटो छपा हुआ है, उसमें देख ले। अब तो हम बूढ़े हो गये हैं, लेकिन उस फोटो में हम जवान हैं। देखना...
- तो दिखा दीजिए?...? उन्होंने कहा—बैठ जा, अभी दिखाते हैं। इतनी जल्दी दिखा देंगे? उन्होंने कहा—हाँ। आँखों से दिखा देंगे, त...
- तो दिखाइए अपनी घड़ी और बताइए कि कितने बज रहे हैं?...? साहब, इसमें तो साढ़े उनतीस बज रहे हैं। समय देखना आता नहीं और घड़ी लिए फिरते हैं।चौथा एक और महत्त्वपू...
- तो दूर कैसे हुआ?...? दूर ऐसे हो गया कि हमारे और भगवान के बीच में एक दीवार खड़ी हो गई। उस दीवार को गिराने के लिए जिस छैनी-...
- तो दूर कैसे हुआ?...? दूर ऐसे हो गया कि हमारे और भगवान के बीच में एक दीवार खड़ी हो गई। उस दीवार को गिराने के लिए जिस छेनी-...
- तो देख लीजिए, ये वही हैं न?...? हाँ, वही हैं। मित्रो! मरे हुए पिता जी के अन्दर एक और विशेषता पाई जाएगी। उनके अन्दर हलचल नहीं होती।...
- तो नये समाज का आधार क्या होगा—बताइये?...? हर एक के मेनीफेस्टो होते हैं। नया समाज बनाने का आधार हमारा यह है कि हम आदमी का चिन्तन बदल देंगे और ज...
- तो निशाना नहीं लगाएगा, हवा में बारूद बेकार करता रहेगा?...? मित्रो! जब कहीं निशाना लगाते हैं, तब उसको कहते हैं—लक्ष्य। ध्यान के दो हिस्से हैं। एक तो हमारा लक्ष्...
- तो नुकसान में रहे होंगे?...? आप नुकसान की बात करते हैं—कभी आप हमारे गाँव जाइए, गायत्री तपोभूमि मथुरा, अखण्ड ज्योति कार्यालय देखिए...
- तो पहले यह बताइए कि भक्त का मतलब क्या होता है?...? भक्त किसे कहते हैं? अच्छा, आप भजन करते हैं तो यही बता दीजिए कि
भजन किसे कहते हैं? पहले हम यहीं से श...
- तो पात्रता कैसे बढ़ेगी?...? पात्रता बढ़ाने के लिए कोई बर्तन नहीं खरीदने पड़ेंगे आपको, कि आपको स्टेनलेस स्टील के बर्तन खरीदने हैं क...
- तो पीने की चीज हुई क्या?...? नहीं साहब! सिगरेट तो पीनी ही पड़ेगी। ऐसा आदमी बेवकूफ जानवर है, जो पैसे भी खराब करता है और सेहत भी खरा...
- तो पूर्वार्द्ध क्या है?...? पूर्वार्द्ध है फिलॉसफी-तत्त्वज्ञान। पहला अंश-तत्त्वज्ञान। गायत्री एक फिलॉसफी है। फिलॉसफी से क्या मतल...
- तो पैसा कौन माँग रहा है आपसे?...? पैसा देकर आप आदमी का क्या भला करेंगे? आप दूसरों को प्यार दीजिए। लोगों की आत्माएँ किस कदर प्यार के बि...
- तो पैसा कौन माँग रहा है आपसे?...? पैसा देकर आप आदमी का क्या भला करेंगे? आप दूसरों को प्यार दीजिए। लोगों की आत्माएँ किस कदर प्यार के बि...
- तो पैसे के स्थान पर 'चेक' देगा, बैंक ड्राफ्ट भेज देगा?...? मित्रो! ध्यान रखना—देवता आपको पैसा नहीं देगा। उसका चेक, ड्राफ्ट महानता है। देवता महानता दिया करते है...
- तो पैसे के स्थान पर 'चेक' देगा, बैंक ड्राफ्ट भेज देगा?...? मित्रो! ध्यान रखना! देवता आपको पैसा नहीं देगा। उसका चेक, ड्राफ्ट महानता है। देवता महानता दिया करते ह...
- तो फिर हमारे जो मध्यकाल में ऋषि हुए हैं, उनके बदले की गाली कौन उठाएगा?...? गाली हमको खानी चाहिए। इसलिए पीला कपड़ा, आप उतारना मत। जहाँ कहीं भी जाएँ, वहाँ रंग का डिब्बा साथ ल...
- तो फिर अंगद की बात क्यों कहते हैं?...? अंगद की बात बेटे मैं इसलिए करता हूँ कि वह सबसे आगे वाली लाइन में खड़े थे। जब राम- रावण युद्ध होने व...
- तो फिर अध्यात्म क्या है?...? अध्यात्मबल क्या है? अध्यात्मबल कहाँ से आता है? बेटे! बनने से आता है, ढलने से आता है। बनने से क्या मत...
- तो फिर आप उसका क्या करेंगे?...? हम साहब! उसको चबाकर खत्म कर देंगे। उसको खा जायेंगे। आप ऐसा प्यार करेंगे? आप ऐसा प्यार करना चाहते ह...
- तो फिर आप किससे प्यार करना चाहते हैं?...? पड़ोस की लड़की से प्यार करना चाहते हैं। तो फिर आप उसका क्या करेंगे? हम साहब! उसको चबाकर खत्म कर देंग...
- तो फिर आप किसकी प्रशंसा कर रहे हैं?...? मैं देवता की प्रशंसा कर रहा है।
देवता कैसा होता है? देवता ऐसा होता है, जो आदमी के ईमान में घुसा ...
- तो फिर आप किसलिए माला कराते हैं?...? माला इसलिए कराते हैं कि आपकी समझ में आ जाए कि किस तरीके से हम अपनी सारी अकल, सारी शक्ति इस बात मे...
- तो फिर आप किसलिए माला कराते हैं?...? माला इसलिए कराते हैं कि आपकी समझ में आ जाए कि किस तरीके से हम अपनी सारी अकल, सारी शक्ति इस बात में झ...
- तो फिर आप कैसे योगी हैं?...? बेटे हम ऐसे योगी हैं कि हमने अपने गुरु को भगवान माना है और उनसे यह कहा है कि आप हुकुम दीजिए और हम आप...
- तो फिर आप कोई धूम-धड़ाका कर लें उससे फिर कोई बात बनेगी क्या?...? नहीं, दो-पाँच दिन चर्चा का विषय बना रहेगा, काय का जुलूस निकल रहा था गुरुजी की हीरक जयन्ती का जुलूस न...
- तो फिर आप कौन हैं?...? राक्षस हैं, जो खाते ही जाएँगे। नहीं साहब! देंगे नहीं, खाएँगे ही खाएँगे। बेटे! खाएँगे ही नहीं, खिलाना...
- तो फिर आप कौन हो जाएँगे?...? मनस्वी हो जाएँगें, सन्त हो जाएँगे और देवता हो जाएँगे। अपने आप से लड़ाई लड़ने, अपने मन पर कंट्रोल करने...
- तो फिर आप क्या करना चाहते हैं?...? हम तो एक काम करेंगे। रामचन्द्रजी की मूर्ति बनाकर लाएँगे। काहे-की मूर्ति बनाकर लाएँगे आप? लोहे की बना...
- तो फिर आप क्या कहेंगे?...? बेटे, इसे मैं केवल न्यायाधीश कह सकता हूँ।
कायदे-कानून वाला भगवान
गुरुजी! आप भगवान को...
- तो फिर आप क्या काम करेंगे?...? एक ही काम है। अगर आप भगवान को प्रसन्न करना चाहते हैं, आत्मा को, मन को प्रसन्न करना चाहते हैं, तो अ...
- तो फिर आप क्या चीज बीनकर लाये?...? देखिए हम यह चीजें बीनकर लाये हैं। इनमें झाग हैं, पत्तियाँ हैं। अच्छा तो फिर मोती आपको नहीं मिले? हाँ...
- तो फिर आप डॉक्टरनी कैसे हो गई?...? हम डॉक्टर की पत्नी हैं, इसलिए डॉक्टरनी हो गई। सेठ जी की पत्नी हैं, इसलिए सेठानी हो गई और पण्डित जी की...
- तो फिर आप नाक में से पानी निकालते हैं?...? नहीं, बेटे! तो फिर आप कैसे योगी हैं? बेटे हम ऐसे योगी हैं कि हमने अपने गुरु को भगवान माना है और उनसे...
- तो फिर आप मरेंगे कि नहीं?...? आप ऐसा मत कीजिए।
आप क्या करें? बुराइयों को बरदाश्त करें? नहीं, यह तो मैं नहीं कहता कि आप बुरा...
- तो फिर आप विधि छिपा रहे होंगे?...? नहीं बेटे ! विधि हम नहीं छिपाते हैं। विधि तो हम वही बताते हैं, जो हमने की है, पर उस विधि को करने के ...
- तो फिर आप विधि छिपा रहे होंगे?...? नहीं बेटे! विधि हम नहीं छिपाते हैं। विधि तो हम वही बताते है जो हमने की है, पर उस विधि को करने के पश्...
- तो फिर आप सच-सच बताइए कि कोई और रास्ता है?...? हम तीन महीने के लिए जेल जाने के लिए तैयार हैं। हम चाहे तो छुट्टी ले लेंगे, अपनी खेती का हर्ज कर देंग...
- तो फिर आप सच-सच बताइए कि कोई और रास्ता है?...? हम तीन महीने के लिए जेल जाने के लिए तैयार हैं। हम चाहे तो छुट्टी ले लेंगे, अपनी खेती का हर्ज कर देंग...
- तो फिर आप हनुमान जी की भक्ति को गाली क्यों दे रहे थे?...? गाली इसलिए दे रहा था कि आप तो हनुमान चालीसा का पाठ करने तक सीमित हो गए? आपने यह विचार नहीं किया या न...
- तो फिर आपका नाम प्रधानमंत्री क्यों है?...? बेटे, मंत्र का नाम है-विचार और तंत्र का नाम है-कर्म। विचार का नाम है-मंत्र और कर्म का नाम है-तंत्र...
- तो फिर आपको क्या मिलने वाला है?...? आप कब स्वर्ग जायेंगे? उन्होंने कहा कि स्वर्ग जाने वालों में मैं आखिरी इन्सान होऊँगा, जबकि सारे के ...
- तो फिर आपने क्यों की थी नौकरी?...? पहले ही देख लेते कि यह काम कम वेतन का है तो हम दूसरा काम करेंगे। जब आपने जिम्मेदारी उठाई है, कसम खाई...
- तो फिर आपने भी उसको गालियाँ दीं कि नहीं?...? क्यों? क्योंकि वह तो पागल था। पागल के लिए हम गाली क्यों दें? कोई कुत्ता आपकी टाँग काट खाये, तो क्या ...
- तो फिर आपने हमको जप करना क्यों सिखाया?...? हमने आपको जप करना इस उम्मीद के साथ सिखाया था कि आप जप करने के साथ-साथ में जप करने के लिए जो शर्तें ज...
- तो फिर आपसे क्या कहें?...? सारी बातें अखण्ड ज्योति में बताई जा चुकी हैं, कहते रहें क्या कहें आपसे। बस एक ही बात कहनी थी कि जो आ...
- तो फिर इन कहानियों में ये क्या झूठ लिखा है?...? नहीं बेटे! ये झूठ नहीं है। बालकों को आकर्षक ढंग से, पहेली के ढंग से, प्रिय बुजुर्गों के ढंग से उनको ...
- तो फिर इसकी सेवा करने में क्या बात है?...? और उन्होंने उसकी भरपूर सेवा की। यह व्यक्ति के अन्दर की सम्वेदना है। सम्वेदना का पाठ हम आपको पढ़ाना च...
- तो फिर ईर्ष्या?...? ईर्ष्या से भी आप जल जाएँगे। प्रतिशोध? प्रतिशोध से भी आप जल जाएँगे। इससे आप सामने वाले का जितना नुकसा...
- तो फिर ईर्ष्या?...? ईर्ष्या से भी आप जल जाएँगे। प्रतिशोध? प्रतिशोध से भी आप जल जाएँगे। इससे आप सामने वाले का जितना नुकसा...
- तो फिर कलेक्टर कैसे बनवा दूँ?...? अरे! आपकी तो जान−पहचान है। ऐसे ही तीर- तुक्का मारता है। अरे भाई, तुक्का मारा जाता है कहीं? नहीं साहब...
- तो फिर कल्पवृक्ष से मनोकामनाएँ कैसे पूरी हो सकती हैं?...? मनोकामना में बेटे, दृष्टिकोण बदल जाता है। दृष्टिकोण में भौतिक इच्छाएँ जो हैं, हमें खा डालती हैं। क...
- तो फिर कहाँ है?...? योग, मित्रो! भावनाओं में है। विचारणाओं में है। भावनाओं का और विचारणाओं का परिष्कार करना वास्तव में, ...
- तो फिर किस तरह से उद्धार होगा?...? दुनिया में इसका एक ही तरीका है और एक ही रहेगा कि आदमी अपने व्यक्तित्व और अपने चरित्र के माध्यम से शि...
- तो फिर किस तरह से उद्धार होता है?...? दुनिया में इसका एक ही तरीका है और एक ही क्रिया कि आदमी अपने व्यक्तित्व और अपने चरित्र के माध्यम से श...
- तो फिर किस भाषा में होते हैं?...? उन्हीं की मुसलमानी भाषा में—अरबी, फारसी में होते हैं।
मंत्र निकलते हैं तपःपूत वाणी से
...
- तो फिर किसकी पूजा करूँ?...? रावण की कर, क्योंकि रावण के एक लाख पूत और सवा लाख नाती थे। हनुमान जी की पूजा से क्या लाभ जब उनके यहा...
- तो फिर किसकी पूजा करूँ?...? रावण की कर, क्योंकि रावण के एक लाख पूत और सवा लाख नाती थे। हनुमान जी की पूजा से क्या लाभ ! जब उनके य...
- तो फिर किसे खुश करना चाहिए?...? एक भगवान को खुश करना चाहिए और एक अपनी अन्तरात्मा को खुश करना चाहिए। इन दो के अलावा किसी तीसरे को खुश ...
- तो फिर कुंती का बेटा, देवता का बेटा कौन होता है?...? क्या वह जिसके पास मोटरें हों, जिसके पास दौलत हो, जिसके पास मकान हो। नहीं, यह आपकी परिभाषा है। देवताओ...
- तो फिर कैसे बोलूँ?...? तू ऐसे बोल, जैसे कि भैरवी रागिनी गाई जाती है। गुरुजी सिखाइए। बेटा तू आ जाना हमारे पास, हम तुझे सिखाए...
- तो फिर कैसे हवन करेंगे?...? ’’ तो याज्ञवल्क्य जी ने कहा—‘‘आप लकड़ियों की समिधाओं से भी हवन कर सकते हैं।’’ कहने का आशय है कि कम से...
- तो फिर कैसे होगा योग?...? योग कर्मकाण्ड है ही नहीं। कर्मकाण्ड के माध्यम से हम योग की दिशा में अग्रसर होते हैं। बस, यहीं तक बात...
- तो फिर कौन काटता है?...? इसको वो काटता है, जिसको हम इस युग की अनास्था कहते हैं। यही अनास्था चोटी को काटती चली जाती है। आप पता...
- तो फिर कौन काटता है?...? इसको तो वो काटता है, जिसको हम इस युग की अनास्था कहते हैं, यही अनास्था चोटी को काटती चली जाती है। आप ...
- तो फिर क्या करते हैं?...? वे ऐसी भावनाएँ और हूक को लेकर आते हैं जो ऊँचे स्तर के लोगों में, भावनाशीलों में दिखाई देती है।आप क्य...
- तो फिर क्या करना चाहिए?...? नहीं बेटे! क्या करना चाहिए नहीं, क्या बनना चाहिए। तो आप ही बताइए। उपाय बताया तो था कि बेटे! अपने आप ...
- तो फिर क्या करना चाहिए?...? बड़ा गजब हो गया। गायत्री माता तो ध्यान नहीं देतीं और आपने जो बताया था, उससे भी कोई फायदा नहीं होता। ...
- तो फिर क्या करना चाहिए?...? इन मुसीबतों से कैसे बचना चाहिए? बचाव का एक ही तरीका है और वह है कि हम अपना दिमागी सन्तुलन कायम रखें...
- तो फिर क्या करना पड़ेगा?...? आपको अपना दृष्टिकोण, चिन्तन और चरित्र, भावना और लक्ष्य सब का सब भगवान के साथ में जोड़ना पड़ेगा। जिस दिन...
- तो फिर क्या करना है?...? पकी-पकाई खानी है। बनाया किसने है? माताजी ने। बेटे! आपके पिता जो दौलत छोड़े जा रहे हैं, वह तो छोड़े ज...
- तो फिर क्या करें साहब?...? सीलोन रेडियो न सुनकर आप शाम को एक घण्टा जप किया कीजिए। इससे आप गंदे फिल्मी गीत सुनने से बच गए और उस स...
- तो फिर क्या करें साहब?...? रोज रेडियो न सुनकर आप शाम को एक घण्टा जप किया कीजिए। इससे आप गंदे फिल्मी गीत सुनने से बच गए और उस समय...
- तो फिर क्या करें?...? दुष्टों के प्रति द्वेष? नहीं बेटे, द्वेष करके आप ही जल जाएँगे। तो फिर ईर्ष्या? ईर्ष्या से भी आप जल ज...
- तो फिर क्या करेगा बेटे, तप का?...? तीन साल के तप में तो हमारे यहाँ सन्तान नहीं होती है, वह हो जाएगी। अच्छा, दो वर्ष का तप और दे दीजिए। य...
- तो फिर क्या करेगा बेटे, तप का?...? तीन साल के तप में तो हमारे यहाँ सन्तान नहीं होती है, वह हो जाएगी। अच्छा, दो वर्ष का तप और दे दीजिए। य...
- तो फिर क्या करेगा?...? चिन्ता करूँगा। बेटे, चिन्ता करेगा तो यहाँ से भी मारा जाएगा और वहाँ से भी मारा जाएगा।
वैराग्य ए...
- तो फिर क्या करेगा?...? बस यहीं पर आपका सत्संग सुनूँगा और आपकी रोटी खाया करूँगा। रोटी से पेट भर जायेगा, तो भी खाऊँगा और खा...
- तो फिर क्या करेगा?...? चिन्ता करूँगा। बेटे, चिन्ता करेगा तो यहाँ से भी मारा जाएगा और वहाँ से भी मारा जाएगा। वैराग्य एवं अभ्या...
- तो फिर क्या किया था?...? उनके देवत्व को जगा दिया था। व्यक्तित्व को उछाल दिया था। जब आदमी के ऊपर सिद्धान्तों का गुरूर और सिद्धा...
- तो फिर क्या दे दें?...? दो रुपये दे दो। अच्छा दो रुपये ले। भगवान् करे आपका कल्याण हो। सेठ जी बड़े उदार हैं, मुनीम जी बड़े उद...
- तो फिर क्या दे दें?...? ? दो रुपए दे दो। अच्छा दो रुपए ले। भगवान करे आपका कल्याण हो। सेठजी बड़े उदार हैं, मुनीम जी बड़े उदार...
- तो फिर क्या बदलेंगे?...? हम लोगों की विचारणाएँ बदल देंगे, चिन्तन बदल देंगे, आस्थाएँ बदल देंगे, दृष्टिकोण बदल देंगे और आदमी का...
- तो फिर क्या वजह है?...? हम क्या नहीं कर सकते हैं?
आपसे उम्मीदें हैं
अब बुढ़ापे में, इस अवस्था में भी हम कर सकते हैं, तो...
- तो फिर क्या हुआ?...? तीन अफसर इकट्ठे हुए और उन तीनों बच्चों की माँ को बुलाया और यह कहा कि आप इन तीन बच्चों को हम तीन बड़...
- तो फिर क्या हुआ?...? कोई चोर ले गया, तो आपका क्या हर्ज है? आपके तो काम वह आ भी नहीं रहा था। हाँ, वह हमारे काम नहीं आ रहा ...
- तो फिर क्या हैं?...? यह हमने गढ़ी है। क्यों गढ़ी हैं? इसलिए गढ़ी है, ताकि उसकी जो फिलॉसफी है, उसको समझने में हमें सरलता ...
- तो फिर क्या होता है?...? ब्याह के बाद भी हम उसकी सहायता करते रहते हैं।
मित्रो! आप उन लोगों की भी सहायता कीजिए; जो गए-बीते...
- तो फिर क्या होना चाहते हैं?...? अच्छा तो वही रहिए जो आप इस समय हैं। इस समय न आप मरे हुए हैं और न जिन्दा हैं। न आप भौतिकवादी हैं और न ...
- तो फिर क्यों लोगों को धमका देते हैं?...? धमका इसलिए देते हैं कि आपको अपने स्वाभिमान का ज्ञान हो और आपको परिस्थिति का ज्ञान हो। मुसीबतों से दू...
- तो फिर गुजारा किस तरह से होता था?...? इस तरह से होता था कि जब गाँव का कोई खाते-पीते परिवार का आदमी अच्छा हो गया तो इशारा कर देते थे कि हमा...
- तो फिर गुरु जी की कृपा मिलेगी?...? नहीं बेटे! कृपा क्यों नहीं मिल सकती? फिर क्या फायदा करेंगे? बेटे, तू पहले विचार कर ले, कृपा का वायदा...
- तो फिर गुरुजी की कृपा मिलेगी?...? नहीं बेटे! कृपा क्यों नहीं मिल सकती? फिर क्या फायदा करेंगे? बेटे, तू पहले विचार कर ले, कृपा का वायदा...
- तो फिर जुकाम के लिए क्या करेगा?...? जुकाम के लिए, बुखार के लिए हम दवाई लाएँगे। क्या लाएगा? वो लाएँगे-आक के फूल और धतूरे के फल। धतूरे के ...
- तो फिर ठीक है, चम्मच से ही क्यों चढ़ाता है?...? सावन के महीने में तीन घड़े पानी भर ले और उनकी पेंदी में सुराख करके भगवान् के ऊपर टाँग दे। चौबीस घंट...
- तो फिर तू क्या करेगा?...? मैं भी स्वतंत्रतासेनानी का परिचयपत्र दिखाऊँगा और फिर मिनिस्टर भी हो सकता हूँ और एम० एल०ए० का चुनाव भ...
- तो फिर तू क्या करेगा?...? मै भी स्वतंत्रता-सेनानी का परिचय-पत्र दिखाऊँगा और फिर मिनिस्टर भी हो सकता हूँ और एम०एल०ए० का चुनाव भ...
- तो फिर तू क्या देगा?...? अरे महाराज जी! हम क्या देंगे, आपको फूलमाला पहना तो दी। मित्रो! यह कोई गुरु-चेले के धंधे हैं? यह भी क...
- तो फिर तू रोया क्यों?...? इसलिए रोया कि बेचारे से गलती हो गयी, जिसकी वजह से फाँसी पर चढ़ना पड़ रहा है।मित्रो! अब बताइये कि ईसा...
- तो फिर तू शिव का उपासक कैसे होगा?...? मौत के तो वह देवता हैं और आप कहते हैं कि हम मौत को याद नहीं करते। अगर मौत को याद करना आपको आता होग...
- तो फिर पहले क्यों नहीं दिखा दी थी?...? पहले इमलिए नहीं दिखा सके थे कि पहले भगवान नहीं थे उनके साथ। भगवान किसके साथ होते हैं? उसके साथ होते ...
- तो फिर बूढ़े आदमी का क्या देखने आया था?...? नहीं साहब! आपका दर्शन करने आया हूँ। चल, बड़ा आया दर्शन करने? यों क्यों नहीं कहता कि देखने आया हूँ। तो...
- तो फिर ब्याज तो चुका ही दिया होगा?...? नहीं साहब! ब्याज भी नहीं चुकाया। धत तेरे की.....तो फिर तुम उसे बेकार ही ले गए। नहीं गुरुजी! आपका शंख...
- तो फिर ब्याज तो चुका ही दिया होगा?...? नहीं साहब! ब्याज भी नहीं चुकाया। धत तेरे की......... .तो फिर तुम उसे बेकार ही ले गए। नहीं गुरुजी! आप...
- तो फिर भाग्य ने किया क्या?...? नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा। नहीं, किसी ने भी नहीं किया। उन्होंने स्वयं अपना कायाकल्प कर लिय...
- तो फिर भाग्य ने किया क्या?...? नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा? नहीं, किसी ने भी नहीं किया। उन्होंने स्वयं अपना कायाकल्प कर लिय...
- तो फिर मेरा ही फोटो कैसे आ गया?...? मेरा तो क्या है, दुर्भाग्य कह लीजिए, जो गलती से या समझदारी से कैमरे के सामने आ गया। इसलिए मेरा नाम आ...
- तो फिर यह बताइये कि जिन लोगों की ब्याह-शादी नहीं हुई है, वे खाना अपने हाथ से पकाते हैं कि नहीं?...? हाँ साहब? फिर आपकी बीबी तो खाना पका देती है। घर की चौकीदारी करते है। आपके बच्चे पैदा करती है और गा...
- तो फिर यहीं रहिए न?...? हाँ, जहाँ खुशबू आएगी, वहीं रहेंगे। बेटे ! भगवान को खुशबू और बदबू से, फूल और पत्ती से कोई ताल्लुक नही...
- तो फिर ये चिट्ठी से कैसे मिल सकता है?...? चिट्ठी से नहीं मिल सकता। चिट्ठी से बेहतर छोटी वाली स्लिप के ऊपर केवल नाम लिख देना और रकम लिख देना ही...
- तो फिर ये मनुष्य नहीं होते?...? बेटे, भगवान यदि मनुष्य होते होंगे, तो उनका देहान्त हो गया होगा। देहावसान होने के बाद में अब उनकी क...
- तो फिर लक्ष्मण जी का कोई योगदान था?...? हाँ साहब! था तो उनका भी योगदान। और हनुमान जी का? हनुमान जी का भी था। सुग्रीव और जामवंत का? सुग्रीव औ...
- तो फिर लक्ष्मण जी का कोई योगदान था?...? हाँ साहब ! था तो उनका भी योगदान। और हनुमान जी का? हनुमान जी का भी था। सुग्रीव और जामवंत का? सुग्रीव ...
- तो फिर वह जो सामर्थ्य की बात थी, वह आएगी?...? नहीं बेटे! इससे नहीं आएगी। अब आप क्या कर रहे हैं? अब हम पुरश्चरण कर रहे हैं। इसे इस वर्ष से हमने प्र...
- तो फिर हनुमान जी की बात क्यों कर रहे हैं?...? अरे भाई! मैं हनुमान जी की बात नहीं कहता, मैं तो अध्यात्म की बात कहता हूँ। अध्यात्म का वह हिस्सा, जिस...
- तो फिर हमको करना क्या पड़ेगा?...? बेटे, बहुत बड़ा तो कुछ नहीं करना पड़ेगा। देखो, आप कुछ नहीं करेंगे, तब भी यह परिवर्तन तो होने ही वाला...
- तो फिर हमारी मनोकामना पूरी नहीं हो सकती क्या?...? बेटे! तेरी मनोकामना कभी पूरी नहीं हो सकती। महाराज जी! कोई ऐसा शॉर्ट तरीका बता दीजिए, जिससे कि हमारी ...
- तो फिर हमारी मनोकामना पूरी नहीं हो सकती क्या?...? बेटे! तेरी मनोकामना कभी पूरी नहीं हो सकती। महाराज जी! कोई ऐसा शॉर्ट तरीका बता दीजिए, जिससे कि हमारी ...
- तो फिर हमारे पीछे चलेगा ना?...? कोशिश यही करूँगा। तो फिर हमारे पीछे चल, हमारे निर्देशों पर चल। प्रकाश के पीछे चल और छाया की ओर से मु...
- तो फिर हमारे लिए हुक्म दीजिए कि हमको क्या करना चाहिए?...? मित्रो! संघमित्रा जो थी, उसने कहा, पिता जी क्या करना पड़ेगा? बेटी, हमारे रास्ते पर चलना पड़ेगा। सम्राट...
- तो बच्चा कहाँ है?...? अभी बच्चा पैदा नहीं हुआ है, पर उसके लिए कपड़े सिलकर रख लिए हैं। जिसको आप देख करके आए हैं। बच्चा तो प...
- तो बच्चे की बात सही नहीं है?...? हाँ, सही है और आपकी बात सही नहीं है? हाँ, आपकी बात और भी सही है। आपकी बात इसलिए सही है कि बेटे, हम अ...
- तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार डालेगी?...? देवी है या चुड़ैल? इस तरह की चुड़ैलों को देवियाँ बना दिया गया, कुलदेवी बना दिया गया है। और पागल आदमी...
- तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार डालेगी?...? देवी है या चुड़ैल? इस तरह की चुड़ैलों को देवियाँ बना दिया गया, कुलदेवी बना दिया गया है। और पागल आदमी ...
- तो बताइए कैसे चलेगा?...? यदि हमारे पास होता, तो हम इतना श्रम कराते। हम नहीं कराते। हम भी आपको खूब अच्छी तरह से पुचकार-पुचकार ...
- तो बताइए कैसे चलेगा?...? यदि हमारे पास होता तो हम इतना श्रम कराते, हम नहीं कराते, हम भी आपको पालते खूब अच्छी तरह से पुचकार-पु...
- तो बताइए न?...? साहब! ये हैं—"गणिका, गीध, अजामिल तारे, तारे सदन कसाई।" इन लोगों ने राम का नाम लिया था और उनका उद्धार...
- तो बाईस रुपया महीने के हिसाब से कितना हो गया?...? महाराज जी! ये तो कोई दो सौ साठ रुपये हो गए। बस बेटे, तू अकेला हो जा और हर महीने में एक दिन की तनख्...
- तो बाल-बच्चों और सन्त से क्या मतलब है?...? महादेव जी के भी तो बाल-बच्चे थे। दो बीबियाँ थी। एक मर गयी तो एक और ब्याह कर लिया। सबके बच्चे थे। घोड़...
- तो बेचारा सोचता है, ये क्या कर डाला श्रीकृष्ण ने?...? श्रीकृष्ण भगवान मिलेंगे, तो हम उनसे लड़ाई किये बिना नहीं मानेंगे और उनसे ये कहेंगे—खैर ये गलती अब हो ...
- तो बेटे तू क्या करेगा?...? जब भगवान ही जना देगा, भगवान ही उद्धार कर देगा, जब सब काम वही कर देगा, तो तू भी किसी मर्ज की दवाई ह...
- तो बेटे हम कैसे साबित करेंगे, हम कहाँ-कहाँ से सबूत लाते फिरेंगे, कहाँ कहाँ से गवाही इकट्ठी करते फिरेंगे?...? इन गवाहियाँ और सबूतों के सामने हम अपने आपको पेश करते है आपके सामने। ये जो पाँचों, सातों बातें हैं ठी...
- तो बेटे हम कैसे साबित करेंगे, हम कहाँ-कहाँ से सबूत लाते फिरेंगे, कहाँ-कहाँ से गवाही इकट्ठी करते फिरेंगे?...? इन गवाहियों और सबूतों के सामने हम अपने आपको पेश करते हैं आपके सामने। ये जो पाँचों, सातों बातें हैं य...
- तो बेटे, आपने अपना दुःख और कष्ट उसको बेच रखा है?...? किसको? बॉस को। वह चाहे तो आपको प्रसन्न करे, चाहे तो आपको नाराज करे। बेटे अपनी खुशी को किसी के हाथ मत...
- तो बेटे, तू इसी को सुख कहता है?...? ऐसा सुख तो तब मिल सकता है जब तू मेरा कहना मानेगा। तब तेरी सारी आवश्यकताएँ पूरी हो जायेंगी, मनोकामन...
- तो बेटे, भजन कहाँ हो रहा है?...? चिन्तन को लगाने का उद्देश्य यह है कि जिस काम के लिए जो क्रियाएँ कराई जा रही हैं, आप उस इशारे पर आ जाइ...
- तो बेटे, भजन कहाँ हो रहा है?...? चिन्तन को लगाने का उद्देश्य यह है कि जिस काम के लिए जो क्रियाएँ कराई जा रही हैं, आप उस इशारे पर आ जाइ...
- तो बेटे; वस्ति क्रिया से भगवान जरूर मिल गया होगा?...? नहीं महाराज जी! नहीं मिला। तो क्या फायदा इस योगा से? मित्रो! योग शारीरिक नहीं हो सकता। शारीरिक क्र...
- तो बोले बेटा चलता है बच्चे नहीं समझते हैं क्या करें?...? तो किस प्रकार वह बड़ी बड़ी गल्तियों को भी एक हँसी में टाल देते थे। उनके मन में यह भाव ही नहीं था कि हम...
- तो भगवान किसी को भी नहीं मिल सकता है?...? हाँ, भगवान किसी को भी नहीं मिल सकता हैं और किसी से भी नहीं मिल सकता है, क्योंकि भगवान गया कहाँ था? म...
- तो भगवान को किस तरीके से पुकारा?...? भगवान को पुकारने के लिए अनेकों उपाय हैं। कहीं कीर्तन किये जाते हैं, कहीं यज्ञ किये जाते हैं, कहीं अन...
- तो भगवान को कैसे देखा जा सकता है?...? बेटे! भावनाओं के द्वारा देखा जा सकता है और कोई चीज या तरीका नहीं है। कैसे देखा जा सकता है? बेटे! हम ...
- तो भगवान को गाली दें?...? नहीं, मैं गाली नहीं दे सकता, आप गाली दीजिए। तो फिर आप क्या कहेंगे? बेटे, इसे मैं केवल न्यायाधीश कह स...
- तो मथुरा के तीन बड़े अफसरों ने विचार किया कि अब क्या करना चाहिए?...? उनके बच्चों का क्या करना चाहिए? उन्होंने कहा कि सच्चाई की इज्जत होनी चाहिए, सच्चाई की कदर होनी च...
- तो महाराज जी केवल विधि से बात नहीं बन सकती?...? नहीं, विधि से बात नहीं बन सकती। तो क्या विधि बेकार है? मैं कब बेकार कहता हूँ।
परहेज, आहार-वि...
- तो महाराज जी केवल विधि से बात नहीं बन सकती?...? नहीं, विधि से वात नहीं बन सकती। तो क्या विधि बेकार है? मैं कब बेकार कहता हूँ। परहेज, आहार- विहार का ...
- तो महाराज जी जोंक कौन है?...? जोंक क्या करती है? बेटे, उपासना करती है। जूूँ क्या करता है? उपासना। खटमल क्या करता है? उपासना। उपासन...
- तो महाराज जी फिर हमारी उपासना कैसी है?...? तेरी उपासना—बस ऐसे ही समझ ले बेटा जैसे बिच्छू अपनी माँ के पेट में बैठा रहता है और भीतर ही भीतर खाता ...
- तो महाराज जी, आपका बड़ा इन्ट्रेस्ट है?...? हाँ बेटे, हमारा बड़ा इन्ट्रेस्ट है। हमने तो बड़े-बड़े साइज के और छोटे-छोटे साइज के चित्र छपा करके रख...
- तो महाराज जी, आपका बड़ा इन्ट्रेस्ट है?...? हाँ बेटे, हमारा बड़ा इन्ट्रेस्ट है। हमने तो बड़े-बड़े साइज के और छोटे-छोटे साइज के चित्र छपा करके रखे ह...
- तो महाराज जी, इतना काम करने के बाद फिर कलेक्टर नहीं हो जाते, कमिश्नर नहीं हो जाते?...? नहीं बेटे, उसके साथ में एक और टेस्ट का झगड़ा पड़ा हुआ है। वह यह है कि तेरा वाइवा लिया जाएगा और रिटेन ...
- तो महाराज जी, इतना काम करने के बाद फिर कलैक्टर नहीं हो जाते, कमिश्नर नहीं हो जाते?...? नहीं बेटे, उसके साथ में एक और टेस्ट का झगड़ा पड़ा हुआ है। वह यह है कि तेरा वाइवा लिया जाएगा और रिटेन...
- तो महाराज जी, यह क्या चक्कर है?...? बेटे, कोई चक्कर नहीं है। दुनिया में भगवान एक ही है। तो अनेक तरह के देवी-देवता क्या हैं? ये बेटे कल्प...
- तो महाराज जी, हम गायत्री माता को बुलाने के लिए रिक्शा लेकर चले जाएँ?...? रिक्शे पर बिठाकर ले आएँ, रिक्शे पर तो आ ही जाएँगी। नहीं बेटे, रिक्शे पर भी नहीं आएँगी। गायत्री माता ...
- तो महाराज जी, हम गायत्री माता को बुलाने के लिए रिक्शा लेकर चले जाएँ?...? रिक्शा पर बिठाकर ले आएँ रिक्शा पर तो आ ही जाएँगी। नहीं बेटे, रिक्शा पर भी नहीं आएँगी। गायत्री माता क...
- तो महाराज जी, हमको भी यह लाभ मिल सकता है?...? बेटे, यह लाभ तो मैं तुझे दिला सकता है, पर पहले तू अपना कर्तव्य पालन कर और न करे तो ना सही, मैं तो कर...
- तो महाराज जी, हमको भी यह लाभ मिल सकता है?...? बेटे, यह लाभ तो मैं तुझे दिला सकता हूँ पर पहले तू अपना कर्तव्यपालन कर और न करे तो ना सही, मैं तो कर ...
- तो महाराज जी, हमारे पास घोड़ा है, घोड़े पर ले आएँ?...? नहीं बेटे, घोड़े पर भी नहीं आएगी। तो महाराज जी, हम गायत्री माता को बुलाने के लिए रिक्शा लेकर चले जाए...
- तो महाराज जी, हमारे पास घोड़ा है, घोड़े पर ले आएँ?...? नहीं बेटे, घोड़े पर भी नहीं आएँगी। तो महाराज जी, हम गायत्री माता को बुलाने के लिए रिक्शा लेकर चले जाए...
- तो महाराज हमें भी मिल सकती है?...? इसलिए तो तुम्हें बुलाया है। जो हमारे लिए सम्भव है, वह आपके लिए भी है। गायत्री आपके ऊपर भी कृपा कर सक...
- तो माँ के प्रति भी नहीं था?...? क्यों? क्योंकि कर्तव्य सबसे बड़ा होता है। समाज, राष्ट्र सबसे ज्यादा कर्तव्य था उनके लिए। इनकी माँ कह...
- तो माता जी को कष्ट उठाना पड़ा होगा?...? नहीं बेटे! ये तो बिना कष्ट के पैदा हो गईं। मुहब्बत की जंजीरें अगर हमारे पास हों तो सारी दुनिया हमारी...
- तो माताजी किससे करें?...? मैं आपके सामने बैठी हूँ। आज मेरा यहाँ दूसरा दिन है। परन्तु मुझे अनुभव हो रहा है—मेरा देवता मेरे पास ...
- तो माताजी किससे करें?...? मैं आपके सामने बैठी हूँ। आज मेरा यहाँ दूसरा दिन है। परन्तु मुझे अनुभव हो रहा है—मेरा देवता मेरे पास ...
- तो मुझे अब क्या करना चाहिए?...? ’ यह बात अगर समझ में आ जाए, तो समझना चाहिए कि इस आदमी का नाम मनुष्य है और इसके भीतर मनुष्यता का उदय ...
- तो मेहनत से क्या करेंगे?...? आपकी गरदन काटेंगे और आपका पेट चीरेंगे और आपके हाथ की उँगलियाँ काटेंगे। इतना करने के बाद हम आपका पैसा...
- तो मैं आपको एक हीरे की चीज दिखाऊँ क्या?...? दिखा जरा, देख तो लूँ क्या है? तो वह लाया। मैंने चुपके से उससे कान में पूछा—क्या है रे ये? देना तो मु...
- तो मैं आपसे एक निवेदन करके जाना चाहता हूँ कि चाहे आप अस्पताल खुलवाना, मेडिकल साइंस पर रिसर्च कराना, पर ये मत भूलना कि आदमी के स्वास्थ्य का मूलभूत आधार संयम ही होता है?...? जिसको हमने कई बार आध्यात्मिकता कहा है और पुराने लोग पुकारते थे—संयमशीलता! संयमशीलता लोगों को सिखायी ...
- तो मैं आपसे क्यों मना करूँगा?...? साहब! हमारे बाल-बच्चे हैं। तो बाल-बच्चों और सन्त से क्या मतलब है? महादेव जी के भी तो बाल-बच्चे थे। दो...
- तो मैं कहाँ से लाऊँ?...? अरे! तो तुमने तो मुझे वैसे ही ठगा और मुझसे ऐसे ही मेहनत करा ली, मुझे परेशान कर दिया और मुझे ऐसे धोखे...
- तो मैं क्यों रहूँ यहाँ?...? मैंने पूछा—ज्यादा दिन रहने देंगे या नहीं? कहा—जितनी आज्ञा मिलती है, उतने दिन ही रहना है। अब मैं विचा...
- तो मैं जौ की रोटी नहीं खाऊँ?...? हाँ, जौ की रोटी मत खा। इससे कुछ पैदा होने वाला नहीं है। महाराज जी! आपने छाछ पिया था, मैं भी छाछ पी...
- तो मैं यह पूछता हूँ कि अगर भगवान आपको एक और बच्चा दे दे, तो आप उसका पालन करेंगे कि नहीं?...? इस चौथे बच्चे को आप जिन्दा रखेंगे या मारकर फेंक देंगे? नहीं साहब! उसको भी जिन्दा रखेंगे। हम जो ख...
- तो मैंने कहा कि प्रकाश निराकार कहाँ है?...? प्रकाश साकार है। उसकी लम्बाई, चौड़ाई, गोलाई और मोटाई है? शक्ल बन जाने से वह साकार हो गया। निराकार कहा...
- तो मैंने सोचा क्या करूँ?...? लेटे-लेटे मैंने दो-चार साल की भविष्य की योजना ही बना डाली। देखो, कागज पर नोट कर दी है। उस योजना को ब...
- तो यह अध्यात्म नहीं है?...? नहीं बेटे, यह अध्यात्म नहीं है। यह तो इसकी लाश, इसका कलेवर है। कलेवर का अध्यात्म कैसा होता है? अध्या...
- तो यह आपको कैसे फल दे रहा है?...? बेटे! यह जो फल दे रहा है, उसकी बात समझ। चौबीस साल तक हमने जौ की रोटी और छाछ खाई है। दूसरी चीज हमने न...
- तो यह कौन कहता है-मैं?...? नहीं, हम कहते हैं। हम और आप सब मिल करके, जमाने को मिला करके एक हवा है, एक दिशा है। ये कौन है? ये भगव...
- तो यह चक्कर है, यह मामला है?...? शंकर जी असली रुद्राक्ष से प्रसन्न हो जाते हैं और नकली से नाराज हो जाते हैं।
सारा खेल भावनाओं...
- तो यह चक्कर हैं, यह मामला है?...? शंकर जी असली रुद्राक्ष से प्रसन्न हो जाते हैं और नकली से नाराज हो जाते हैं। सारा खेल भावनाओं का है ब...
- तो यह जिम्मेदारी कहाँ है?...? आप जिम्मेदारी निभाइए और समझदारी की सूझ-बूझ दीजिए।
नहीं साहब! नासमझ के तरीके से जिधर भेंड़ें चल रही ...
- तो यह ध्यान लगने वाला भगवान क्या है?...? बेटे, दुनिया में दो भगवान हैं। एक वह है जिसने मनुष्यों को बनाया और दूसरा भगवान वह है जिसको मनुष्यों ...
- तो यह बच्चा कौन था?...? ढाई साल का हमारा बच्चा था। तो क्या वह आपके पेट में से पैदा हुआ था? नहीं साहब! हमारे पेट में से पैदा ...
- तो यह मामला है?...? हाँ बेटे, घटिया लोगों का, छोटे लोगों का, हलके लोगों का यही मामला है। इनके लिए जितनी गाली दी जाए कम ह...
- तो यह लौह भस्म क्या भाव बिकेगी?...? साहब! यह तो बीस रुपये तोला बिकेगी। वाह साहब! लीजिए हम आपको चार आने तोला लोहा देते हैं। नहीं साहब! ...
- तो यह सबक हमारे बच्चों को कौन सिखाएगा?...? यह माता-पिता का उदाहरण है। बच्चों को सिखाना चाहिए कि अपने बड़ों को प्रणाम करें। उन्हें अग्निहोत्र कर...
- तो यहाँ क्यों पड़ा हुआ था?...? उन्होंने कहा कि मैं सन्त की परीक्षा लेने के लिए पड़ा हुआ था कि कोई भगवान का भक्त ऐसा भी निकले जो रामेश...
- तो यही है आपकी निष्ठा?...? पैसा दे दें तो गायत्री माता, नहीं दें तो चुड़ैल। यह मूर्खता का काम है। भगवान पर कहीं है आपका विश्वा...
- तो यही है तेरी कुण्डलिनी?...? हाँ महाराज जी! यही है कुण्डलिनी। मैं समझता था कि तू शक्ति के प्रत्येक वाक्य की व्याख्या करेगा, पर तू ...
- तो युधिष्ठिर ने कहा कि अरे नेवले, यह तू क्या कर रहा है इधर से उधर?...? उसने कहा—देखिए ऐसा है, मैंने सुना था कि यह महान यज्ञ है और इस महायज्ञ में मैं अपना आधा शरीर जो मेरा ...
- तो ये आपके बेटे हुए?...? हाँ बेटे! हमारी 'अखण्ड ज्योति' पत्रिका हिन्दी में और दूसरी भाषाओं में निकलती है, उसके मेम्बर एक लाख स...
- तो ये आपके बेटे हुए?...? हाँ बेटे! हमारी ''अखण्ड ज्योति'' पत्रिका हिन्दी में और दूसरी भाषाओं में निकलती है, उसके मेंबर लाख से ...
- तो ये कैसे होगा?...? इसमें दो आदमियों के सहयोग की जरूरत पड़ती है। अकेले आप नहीं कर पाएँगे, हम समझते हैं। लेकिन अगर कोई बा...
- तो ये क्या करेंगे?...? ये अभागे मरेंगे। क्यों मरेंगे? क्योंकि जिस पैसे से ये अपनी सेहत बना सकते थे, अपनी औरत की सेहत बना ...
- तो ये तिरंगा झण्डा क्या है?...? मूर्ति किस चीज की बनाई है? एक कपड़े की बना ली हमने। हमने प्लास्टिक की बना ली या कागज की बना ली हमने। ...
- तो ये बता क्या कमाता है?...? ५५० रुपये कमाता हूँ तो ऐसा कर कि तू ५५० रुपया तो दे दिया कर जीवात्मा को, भगवान को और शरीर को, शरीर क...
- तो ये बता क्या कमाता है?...? ५५० रुपए कमाता हूँ तो ऐसा कर कि तू ५५० रुपया तो दे दिया कर जीवात्मा को, भगवान को और शरीर को शरीर को ...
- तो ये लड़की?...? ये लड़की यहीं है, यहीं बैठी रहेगी, इसके गुरु हम हैं। इसके मुख्तियार हम है और ये करेंगे और वो करेंगे। ...
- तो ये लड़की?...? ये लड़की यहीं है, यहीं बैठी रहेगी इसके गुरु हम हैं। इसके मुख्तियार हम हैं और ये करेंगे और वो करेंगे। ...
- तो ये हजारों तीर किस तरीके से लगे?...? रामचंद्र जी ने बताया कि ये जो हजारों छेद हैं, रावण के पाप हैं, रावण के गुनाह हैं। रावण की कमजोरिया...
- तो रावण महाकाल का उपासक था?...? हाँ बेटे! वह महाकाल का उपासक था। महाकाल किसे कहते हैं? टाइमपीस को महाकाल कहते हैं, घड़ी को महाकाल कह...
- तो लोहे की गाड़ी वाले होते होंगे, जो गाड़ी लिए इस गाँव से उस गाँव घूमते-फिरते हैं?...? हाँ, ये भी परिव्राजक हैं, पर वो परिव्राजक अलग तरह के थे। भगवान बुद्ध ने सबसे पहला शिक्षण अपने परिव्र...
- तो वह कौन है?...? वह एक अलंकार है। भगवान एक सिद्धान्त है। भगवान एक आदर्श है। भगवान एक शक्ति है, जो इन्सान के पास आते...
- तो वह व्यक्ति पूछता कि क्या आप कमा करके हमें पैसा देंगी?...? आपके पास क्या कमी है? आप तो करोड़पति हैं और आपसे विवाह हम इसलिए करना चाहते हैं कि आपकी कमाई का पैसा ...
- तो वह हँसने लगा और पूछने लगा कि आप ऐसा कैसे कर सकते हैं?...? वास्तव में बड़ा लम्बा किस्सा है, पर मैंने उनसे कहा कि आप बैठिए तो सही।...
- तो वहाँ क्या करेगा?...? बच्चे का मुण्डन कराऊँगा। और कहीं करा ले तो? नहीं महाराज जी, देवी नाराज हो जाती है। क्या कहती है तेरी...
- तो विवेकानन्द को करा दिया?...? हाँ विवेकानन्द को करा दिया। चौथा एक और गवाह पेश करके मैं अपनी बात को खत्म करूँगा या फिर आपको उठ जाने...
- तो वे अनुष्ठान नहीं करते थे?...? हाँ बेटे! वे अनुष्ठान नहीं करते थे। और प्राणायाम? प्राणायाम भी नहीं करते थे। और समाधि? समाधि भी नहीं...
- तो वे अनुष्ठान नहीं करते थे?...? हाँ बेटे! वे अनुष्ठान नहीं करते थे। और प्राणायाम? प्राणायाम भी नहीं करते थे। और समाधि? समाधि भी नहीं...
- तो वे आपका फायदा करते होंगे?...? हाँ साहब! जो इनका सम्मान करेगा, जो इन पर चावल चढ़ाएगा, फूल-पत्ती चढ़ाएगा, तो ये प्रसन्न हो जाएँगे और उ...
- तो वे कहाँ से इंजीनियर बन गए?...? बेटे! वे राम की कृपा से बन गए। राम की कृपा से नल-नील को हाथ-पाँव चलाने पड़े। हनुमान को छलाँग मारनी प...
- तो वे बच्चे थे क्या तब छह महीने के?...? नहीं बेटे, तब भी बूढ़े थे। बुड्ढा आदमी तो गुरुजी पचास, साठ-सत्तर वर्ष का तो होता ही होगा। हाँ बेटे, इ...
- तो शक्ति कहाँ से आती थी?...? शक्ति, बेटे! राम की आती थी। वे राम की शक्ति से उछलते थे और राम की शक्ति से लंका पार करते थे। वे कभी ...
- तो शबरी तू ही बता कि हम किस तरीके से रोटी खाएँ और हमको रोटी कौन देगा?...? ठीक है, आइए, हम आपको रोटी खिलाएँगे। शबरी भगवान को जूठे बेर खिला रही थी।
आप जिसके साथ जुड़े ह...
- तो शिक्षा ने हमें ही बना दिया, उन्हें नहीं बनाया?...? शिक्षा उन्होंने भी तो पढ़ी है। एम० ए० पास हैं और मुसलमान भी तो एम० ए० पास हैं। फिर हमारे यहाँ ये क्या...
- तो शिक्षा ने हमें ही बना दिया, उन्हें नहीं बनाया?...? शिक्षा उन्होंने भी तो पढ़ी है। एम. ए. पास हैं और मुसलमान भी तो एम. ए. पास हैं। फिर हमारे यहाँ ये क्या...
- तो सक्रियता के रूप में विचारों को परिणत करने के लिए क्या करना चाहिए?...? हमारे पास एक ही काम है, जिसको ऋषि और ब्राह्मण करते रहे हैं और ऋषि और ब्राह्मण करते रहेंगे। उसका नाम ...
- तो सत्संग से गुरुजी?...? नहीं, बेटे! सत्संग से भी नहीं, और कलम से? कलम से तो आप बहुत अच्छा लिखते हैं। बेटे, हम अभी और अच्छा ल...
- तो सत्संग से गुरुजी?...? नहीं बेटे! सत्संग से भी नहीं और कलम से? कलम से तो आप बहुत अच्छा लिखते हैं। बेटे, हम अभी और अच्छा लिख...
- तो सन्त का हृदय कैसा होता है?...? सन्त का हृदय बहुत कोमल होता है।
‘सन्त हृदय नवनीत समाना’ है। सन्त का जो हृदय है, वह मक्खन के समान पि...
- तो सबको नौकर कौन रखेगा?...? नौकर की कहीं-कहीं जरूरत पड़ती है। फिर क्या होगा? पढ़ाई और नौकरी बिलकुल अलग-अलग बात है।नौकरी का अर्थ यह...
- तो सिर कटेंगे?...? सिर नहीं कटेंगे। तब क्या होगा? सिर बदल जायेंगे, दिमाग बदल जायेंगे। आदमी की अकल और आदमी का ईमान जिस क...
- तो सुगम क्या है?...? व्यभिचार करना बड़ा सुगम है। अच्छा व्यभिचार करना सरल है तो जा पड़ोसी के घर में, फिर देख तेरे सिर के सार...
- तो सुना देने से बिच्छू का दंश, साँप का दंश क्या अच्छा हो जाएगा?...? भूत भी भाग जाएगा? बेटे! हम कह नहीं सकते, पर मंत्र तो यही हैं। इनमें चमत्कार नहीं आएगा? शब्दों में शक...
- तो सोना कमा लिया?...? हाँ सोना कमा लिया। किसने कमा लिया। विभीषण ने कमा लिया और किसने कमा लिया? सुग्रीव ने कमा लिया। हार गय...
- तो सोने से यों ही बनाइए न?...? नहीं साहब! जब तक तपाएँगे नहीं, गलाएँगे नहीं, तब तक सोने से कोई जेवर नहीं बन सकता।
गलाई और ढल...
- तो स्वर्ग का आप क्या करेंगे?...? बताइए, उस स्वर्ग में आपको क्या मिलेगा? हिन्दुओं के मुताबिक तो वहाँ खीर की नदियाँ होती हैं और बुरा शब...
- तो स्वामी जी बोले-बन्धु यह सारा संसार ही मेरी पाठशाला है बताइये इसमें कहाँ पुस्तक रखूँ?...? ? कहाँ पढूँ? (५) क्लंग-क्लंग घाटी पर एक सौ अंग्रेजों का मुकाबला आजाद हिंद सेना के कुल ३ जवान कर रहे ...
- तो हम इनका अपमान करेंगे, तो वे हमारा नुकसान कर देंगे?...? हाँ साहब! बिलकुल नुकसान कर देंगे। अच्छा तो आप लोग इनका सम्मान करते हैं? हाँ। तो वे आपका फायदा करते ह...
- तो हम कहाँ से शुरुआत करें?...? अपने से शुरू कीजिए। आप अपने से विचारों को बदलना शुरू करेंगे, तब फिर क्या हो जाएगा? तब फिर आप देखना आ...
- तो हम किससे प्रार्थना करें?...? अपने आप से कीजिए। हमारे भीतर जो सुपरमैन बैठा हुआ है, देवता बैठा हुआ है, हमारे भीतर जो हमारा सुपर ईगो...
- तो हम क्या करें गुरुजी?...? बेटे, आप वही करें जो हम अपने गुरु का करते हैं। आपके लिए सबसे बेहतरीन, सबसे अच्छा, सबसे नफे का सौदा य...
- तो हम क्या करें?...? तो गुरुजी, आप आशीर्वाद दे दीजिए। आशीर्वाद से नहीं बेटा! तप से, एकाग्रता से जीवन में महत्त्वपूर्ण उपल...
- तो हम क्या करें?...? आप बड़े अकलमन्द बनते हैं।
पारिवारिकता के आध्यात्मिक सिद्धान्त
मित्रो! पारिवारिकता, जिसमें ...
- तो हम सब कौन हैं?...? चोंगे हैं। अपने-अपने ढंग से प्रतिपादित कर देते हैं। बस, बाकी का तो सब इन्हीं का है। इसी शब्द में आप ...
- तो हमको उन्हें एक घण्टा समय देना पड़ेगा और बराबर बताना पड़ेगा कि शिखा का मतलब क्या है?...? मकसद क्या है? उद्देश्य क्या है?एक दिन हमने आपको गायत्री मंत्र के बारे में, ज्ञान की देवी के बारे में...
- तो हमको उन्हें एक घण्टा समय देना पड़ेगा और बराबर बताना पड़ेगा कि शिखा का मतलब क्या है?...? मकसद क्या है? उद्देश्य क्या है?एक दिन हमने आपको गायत्री मंत्र के बारे में, ज्ञान की देवी के बारे में...
- तो हमसे क्यों कह रहे हैं?...? इसलिए कि आप भी ताऊ जी हैं और तरह तरह की बोलियाँ, तरह-तरह के श्लोक, तरह-तरह के मंत्र, तरह तरह की प्रा...
- तो हमसे क्यों कह रहे हैं?...? इसलिए कि आप भी ताऊ जी हैं और तरह''तरह की बोलियाँ, तरह-तरह के श्लोक तरह-तरह के मंत्र, तरह-तरह की प्रा...
- तो हमारा काम करोगे?...? हाँ हुजूर, बताइये, क्या काम करूँ? हमारा मुकदमा चल रहा है, हमको जितवा दो। अच्छा हुजूर, अभी आपका मुक...
- तो हमारा क्या फायदा होगा?...? आपने चाहा और हमने खरच कर लिया, फिर हमारे हिस्से में क्या आया? हमारे हिस्से में क्या आया, बेटे! आप दे...
- तो हमारे इतने विवेकानन्द बैठे हैं और इतनी सिस्टर निवेदिता बैठी हैं, तो ये नहीं करेंगे?...? ये तो जाने क्या कर सकते हैं? ये बहुत कुछ कर सकते हैं। इनसे बहुत उम्मीद है।...
- तो हमें क्या करना पड़ेगा?...? बेटे, एक- एक करके कदम बढ़ाता चल। कैसे? ऐसे कदम बढ़ाता चल, जिसमें कि तेरी हिम्मत सिद्धान्तों के प्रति...
- तो हो गई रामायण?...? हाँ साहब! हो गई रामायण। इसको सुनकर वैकुंठ को जाएँगे? नहीं जाएँगे।...
- तो हो गई रामायण?...? हाँ साहब! हो गई रामायण, इसको सुनकर वैकुण्ठ को जाएँगे? नहीं जाएँगे। वाणी में हो प्राण मित्रो! एक बार ...
- तो, क्या करना चाहिए?...? मैंने उस दिन भी आपको सिखाया था और बताया था कि आध्यात्मिकता की खुराक क्या होनी चाहिए?
आप फिर से ए...
- त्याग और बलिदान से आदमी महामानव बनता है, महापुरुष बनता है, तपस्वी बनता है, ऐतिहासिक पुरुष बनता है और पैसे से?...? पैसे बढ़ने से आदमी बनता है धूर्त और ढोंगी। और क्या बनता है? न जाने क्या-क्या बनता है।मित्रो! क्या हुआ...
- त्याग करने के लिए तैयार होगा क्यों?...? संयम और सदाचार का जीवन व्यतीत करने के लिए अपने आपसे जद्दोजहद करनी पड़ती है। उसके लिए तैयार होगा क...
- त्याग के नाम पर, बलिदान के नाम पर, सेवा के नाम पर, परोपकार के नाम पर, लोक सेवा के नाम पर, देश के नाम पर, धर्म के नाम पर, समाज के नाम पर, अपने लिए और अपनों की स्वार्थपूर्ति के लिए हर कोई लालायित रहता है और उसी उधेड़बुन में दिन−रात लगा रहता है, किन्तु लोकहित के लिए, जनकल्याण के लिए भला कौन जाना चाहता है?...? बादलों के तरीके से अपने को गला डालने के लिए कौन रजामंद होता है? हवा के तरीके से दरवाजे-दरवाजे पर खुश...
- त्याग कौन करता है?...? भूखा कौन रहता है? अपना घर का काम कौन छोड़ता है? आपके अन्दर वो शराफत मालुम पड़ती है, और वो जिन्दगी मालु...
- त्याग कौन करता है?...? भूखा कौन रहता है? अपने घर का काम कौन छोड़ता है? आपके अन्दर वह शराफत मालूम पड़ती है और जिन्दगी मालूम पड़...
- त्याग-बलिदान का नहीं, हमको तो बता दीजिए-मंत्र मंत्र कैसा होता है?...? अहा! इसी मंत्र के चक्कर में फिर रहा है धूर्त। अच्छा महाराज जी! बता दीजिए जादू। जादू बता दें तेरा सिर...
- त्यागने योग्य क्या है?...? एक त्यागने योग्य देव-दक्षिणा यह है कि आप नशा बन्द कर दीजिए। आप जो भी नशा पीते हों, भाँग पीते हों, श...
- त्रिवेणी बन सकती है?...? हाँ। कैसे बन सकती है? जब वे शामिल हो जाएँ तब। और न मिलें तो? तो गंगा अपनी जगह पर ठीक है और यमुना अपन...
- त्रेता की बातें गुरुदेव को कैसे मालूम?...?
8 जनवरी सन् 1981 के प्रथम मिलन के बाद मैं लगातार पूज्यवर के सम्पर्क में रहा। अखण्ड ज्योति पढ़ता व प...
- थककर चूर-चूर क्यों नहीं होते?...? थकते क्यों नहीं? जरा इसकी भी वजह तो देखूँ। स्वामी रामतीर्थ जापानियों का घरेलू जीवन देखने गये। वहाँ...
- थकते क्यों नहीं?...? जरा इसकी भी वजह तो देखूँ। स्वामी रामतीर्थ जापानियों का घरेलू जीवन देखने गये। वहाँ उन्होंने बड़ा मजे...
- थके हारे आये और गुरुजी से पूछ ही लिया-‘‘ वहाँ तो देखने के लिये कुछ भी नहीं था पर आपने वहाँ क्यों भेजा?...? ’’ गुरुजी ने उत्तर दिया-‘‘25 साल बाद वहाँ भव्य मन्दिर बनेगा।’’ आज उसी स्थान पर भव्य ‘श्रीकृष्ण जन्म भ...
- थर्ड डिवीजन वाले को मिलती है क्या?...? आप हमारे साथ उदारता कीजिए, दया कीजिए—यह मत कहिए। उदारता का दुनिया में कोई खास व्यवहार नहीं है, दया क...
- थर्ड डिवीज़न को मिलती है क्या?...? फेल होने वाले को मिलती है क्या? हमको हमारे साथ में उदार कीजिये दया कीजिये, उदार कीजिये दया कीजिये, उ...
- थर्मामीटर से क्या बुखार देख रहे हैं?...? हाँ बेटे! मैं बुखार देख रहा था कि कितना टेम्प्रेचर आ गया? 99.5 सेण्टीग्रेट आ गया।...
- था तो बड़ा भोला, पर यह कैसे डगमगा गया?...? उसको कुछ हो गया, अपने बीबी-बच्चों में कुछ हो गया, हो गया, तो हो गया। है तो हमारा ही, पर बेटे! वे भाव...
- था तो मन का भीतरी असमंजस, पर गुरुदेव ने उसे बिना कहे ही समझ लिया और कन्धे पर हाथ रखकर पूछा—‘‘तुझे क्या जरूरत पड़ गई सिद्ध पुरुषों की?...? ऋषियों के सूक्ष्म शरीरों के दर्शन एवं हमसे मन नहीं भरा?’’ अपने मन में अविश्वास जैसी बात, कोई दूसरा ख...
- था ये कि भगवान की विशेष विभूतियों के सम्बन्ध में हमने एक चित्रण करना शुरू कर दिया और उसका एक स्वरूप शुरू कर दिया कि आदमी के जीवन की धाराएँ और आदमी के जीवन की दिशाएँ क्या होनी चाहिए और आदमी के विचार करने का क्रम और आदमी के चिन्तन करने का स्वभाव क्या होना चाहिए?...? असल में सारे-के जो आधार बनाया गया है, सारे-के अध्यात्म का जो कलेवर खड़ा किया गया है, जो भी पूजा-पाठ स...
- थानेदार ने कहा-यदि हमारे देश में सभी ऐसे हो जायें तो यह अपराध ही क्यों हों?...? (५४) प्रौढ़ शिक्षा युग की अनुपेक्षणीय माँग प्रश्न —— (१) साहित्य द्वारा होने वाले लोगों पर प्रकाश ...
- थाली में भी क्या करेंगे आप?...? क्या करेंगे? यहीं पटक देंगे, ये छह चावल के दाने। बेटे! इसको हम क्या करें? खा लीजिए। ये तो मुश्किल है...
- थूक तो नहीं है?...? हाँ है। तो इस जीभ को काट दे और फिर प्लास्टिक की जीभ लगा ले। अच्छा महाराज जी! प्लास्टिक की? हाँ बेटे!...
- थूक तो नहीं है?...? हाँ है। तो इस जीभ को काट दे और फिर प्लास्टिक की जीभ लगा ले। अच्छा महाराज जी! प्लास्टिक की? हाँ बेटे!...
- थोड़ी देर सोचने लगे कि क्या जवाब दिया जाए?...? इसको कैसे समझ में आए कि किस तरीके से शक्ति मिलती है, उस शक्ति का उपयोग करते भी हैं कि नहीं करते। यदि...
- थोड़ी सी सीपों के अलावा सभी सीपें इकट्ठी होकर जमा हो गई और शिकायत करने लगीं कि आपने हमारे अन्दर मोती क्यों नहीं पैदा किए?...? हमारी पुकार को क्यों नहीं सुना? स्वाति की बूँदों ने जवाब दिया कि आप में से जिन सीपियों ने मुँह खोलकर...
- थोड़ी-सी सीपों के अलावा सभी सीपें इकट्ठी होकर जमा हो गई और शिकायत करने लगी कि आपने हमारे अन्दर मोती क्यों नहीं पैदा किए?...? हमारी पुकार को क्यों नहीं सुना? स्वाति की बूँदों ने जवाब दिया कि आप में से जिन सीपियों ने मुँह खोलकर...
- थोड़े-से आदमी मालदार हैं, थोड़े-से आदमी सम्पन्न हैं, थोड़े-से आदमी मजा उड़ाते हैं, थोड़े-से आदमी फिजूलखर्च करते हैं, थोड़े-से आदमी ठाठ-बाट से रहते हैं, तो आप उनको क्यों महत्त्व देते हैं?...? उनकी नकल क्यों करना चाहते हैं? उनके साथ में अपनी समृद्धि क्यों मिलाना चाहते हैं? आप उनके साथ में स...
- थोड़ा सा उत्साह दिखाइए थोड़ासा मनोबल बढ़ाइए, फिर देखिए आपको यह कल्प साधना सत्र कितना शानदार और कितना आपके भविष्य को उज्ज्वल करने में सहायक सिद्ध होता है?...?...
- थोड़ा-सा आप उत्साह दिखाइए और थोड़ा-सा मनोबल बढ़ाइए फिर देखिये कि आपका यह कल्प-साधना का सत्र कितना शानदार और आपके भविष्य के निर्माण में कितना सहायक सिद्ध होता है?...?...
- थोड़ा-सा काम करने से क्या फायदा?...? मित्रो! हमने तो हमेशा अर्जुन की तरह तीर की नोंक तथा चिड़िया की आँखें ही देखी हैं। हमेशा हमें अपना ल...
- थोड़ी दूर जाकर किसान ने पूछा—खेत का मालिक कहाँ है?...? जिसके कारण तूने मुझे भगाया। उसने कहा—देखूँ तो सही, वह कौन है? पेड़ के ऊपर चढ़कर उसने देखा, तो कोई कहीं...
- थोड़ी देन बाद क्या हुआ?...? उल्टी हो गयी। अनाज वही था। खीर वही थी। सब्जी वही थी, जो सुरक्षित रखी हुई है। उसको दुबारा खा सकते ह...
- थोड़ी देर में क्या हुआ?...? एक आदमी नमाज पढ़ने के लिए आया, जिसके पाँव लकवे में मारे गये थे। वह घिसट-घिसटकर चलता हुआ आ रहा था।...
- थोड़ी सी पूजा से अगर ये सब चीजें मिल गई होतीं, तो फिर किसी आदमी को अपने जीवन को परिष्कृत करने की ज़रूरत क्या पड़ती?...? कोई संयमी बनता क्यों? कोई (त) तपस्वी बनता क्यों? कोई (न) निग्रहित अपने आप को करता क्यों? (क्यों) अपन...
- थोड़ी-सी पूजा से अगर ये सब चीजें मिल गई होतीं, फिर किसी आदमी को अपने जीवन को परिष्कृत करने की जरूरत क्या पड़ती?...? कोई संयमी बनता क्यों? कोई तपस्वी बनता क्यों? कोई निग्रही अपने आप को करता क्यों? अपनी इन्द्रियों को म...
- थोड़े से में अगर आप बताने में समर्थ न हो सके तो?...? और आपने यज्ञ पर व्याख्यान देना शुरू कर दिया तो? तो आपको लोग यह समझेंगे कि ये हवन के और यज्ञ के प्र...
- थोड़े-से आदमियों को तो करा सकते हैं, पर एक पैसे में सारे संसार भर को भोजन कैसे कराया जाए?...? उन्होंने कहा—कराया जा सकता है? एक पैसे का घी और हवन-सामग्री उन्होंने उठाकर लिया। उस जमाने की बात कह ...
- थोड़े-से आदमी मालदार हैं, थोड़े-से आदमी सम्पन्न हैं, थोड़े-से आदमी मजा उड़ाते हैं, थोड़े-से आदमी फिजूलखर्च करते हैं, थोड़े-से आदमी ठाठ-बाट से रहते हैं, तो आप उनको क्यों महत्त्व देते हैं?...? उनकी नकल क्यों करना चाहते हैं? उनके साथ में अपनी समृद्धि क्यों मिलाना चाहते हैं? आप उनके साथ में समृ...
- दंगल में कोई आदमी जाये ही नहीं, तो उसको मैं क्या कहूँगा?...? मिलिट्री का प्रशिक्षण किस तरह का होता है, आप जानते हैं क्या? मिलिट्री का प्रशिक्षण किसी आदमी को दि...
- दंगल से क्या मतलब है?...? जनता के सामने आयें। अखाड़ा किसे कहते हैं। अखाड़ा कहते हैं-पूजा की कोठरी को। पूजा की कोठरी में आप व्य...
- दंगा क्यों मचा रहा था?...? भाई साहब! मैं तो सामने वाली लाइन में था, इसलिए पकड़ में आ गया। सारी की सारी भीड़ खड़ी है। दंगे में सब ल...
- दंगा क्यों होता?...? और बलवा क्यों होता? और खजाने पर हमला क्यों बोला गया होता? छोटी सी भूल के कारण राजा अपना खजाना खो...
- दण्डौती क्या होती है?...? दण्डौती का अर्थ है—लम्बे लेट जाइए और हाथ से निशान बना दीजिए। फिर दण्डवत् लेट जाइए। यह दण्डौती परिक्रमा क...
- दक्षिण भारत का मुख्यमंत्री कौन है जरा बताइये?...? अगर वह मंत्री आए और आपके ऊपर प्रभाव डाले तो क्या कोई प्रभाव पड़ सकता है? नहीं, कोई प्रभाव नहीं पड़ ...
- दक्षिण भारत का मुख्यमंत्री कौन है जरा बताइये?...? अगर वह मंत्री आए और आपके ऊपर प्रभाव डाले तो क्या कोई प्रभाव पड़ सकता है? नहीं, कोई प्रभाव नहीं पड़ सकत...
- दक्षिणावर्ती शंख का मैं क्या करता?...? राजस्थान में अलवर नाम का एक स्टेट है। वहाँ के एक राजा साहब अकसर हमारे पास आते रहते थे। वे जब भी आते ...
- दगाबाजी हम कैसे करेंगे और विश्वासघात हम कैसे करेंगे?...? इन सब बातों से यदि हम अवगत हो जायँ, तो फिर हम अपनी ज़बान से कड़वा कैसे बोलेंगे? अगर हमारे सामने भगव...
- दत्तात्रेय ने फिर कहा कि बताइए ज्ञान कहाँ से मिलेगा?...? ब्रह्मा जी ने कहा कि जहाँ कहीं भी आप जाएँ, वहीं आप बारीकी से, गौर से देखना शुरू करना। दिव्यदृष्टि से...
- दबाव डालने वाले व्यक्ति जो आदमी की इच्छा के विरुद्ध भी बात कह सकते हों, उसे नाखुश भी कर सकते हो और उस पर झल्ला भी सकते हो—ऐसे आदमी कौन होते हैं?...? ऋषि जीवन को ऊँचा उठाने, आगे बढ़ाने के लिए आदमी को उन लोगों के साथ सम्पर्क बनाना चाहिए। ऐसे आधार खड़े क...
- दयानन्द की फोटो है कि नहीं है?...? हम भी मानते हैं।
बेटे! हमारे बुजुर्ग मानते हैं, सन्त मानते हैं, नतमस्तक होते हैं। फिर कौन-सी ऐसी बा...
- दयानन्द को नहीं मानते?...? दयानन्द की फोटो है कि नहीं है? हम भी मानते हैं।
बेटे! हमारे बुजुर्ग मानते हैं, सन्त मानते हैं, नतमस...
- दयालु माली का यह निर्दय कृत्य क्यों?...? विकास का लक्ष्य रखने वाले द्वारा अपनाई गई यह विनाश लीला क्यों है? जब उगाना ही अभीष्ट है तो उखाड़ने ...
- दरद भी किसी के अन्दर होता है क्या?...? सम्वेदनाएँ भी किसी के अन्दर हैं क्या? दूसरों से सहानुभूति रखने वाले भी दुनिया में कहीं रहते हैं क्या? ...
- दरवाजे से बाहर निकलेंगे तो ये देखा है आपने?...? और न हो तो आप एक बड़ा वाला एलसेशियन कुत्ता पाल लीजिये और उसको एक जंजीर से बाँधकर रखिये। जब भी कोई मास...
- दरार हुई तब?...? अगर दरार हुई तो जरा-सा ठोकने पर हमें शक हो जाता है और हम उसे अलग रख देते हैं। अब तो वे रुपये रहे नही...
- दरिद्र आदमी कौन हो सकता है?...? दरिद्र आदमी वह हो सकता है, जिसका व्यक्तित्व घटिया हो, और घिनौना आदमी कौन होना चाहिए? जिसका व्यक्तित्...
- दरिद्र आदमी वह हो सकता है, जिसका व्यक्तित्व घटिया हो, और घिनौना आदमी कौन होना चाहिए?...? जिसका व्यक्तित्व घटिया हो, वह आदमी। जिस आदमी के चेहरे पर खीज और नाराजगी दिखाई देती हो, ऐसे व्यक्ति क...
- दरिद्रता किसे कहते हैं?...? जिसमें हमें काम करने से नफरत है। हर आदमी को काम करने से नफरत है। वह समझता है कि बड़प्पन इस बात में ...
- दरिद्रता की समस्याएँ क्या हैं?...? दरिद्रता की कोई समस्या नहीं है। यह वास्तव में हमारे आलस्य और अपव्यय की समस्या है। वस्तुतः दरिद्रता...
- दरिद्रता क्या है?...? दरिद्रता का मूल है-आलस। आलस की मूल है-दरिद्रता। दरिद्रता और आलस दोनों आपस में जुड़े हुए हैं। आदमी अगर...
- दरिद्रता क्या है?...? दरिद्रता का मूल है—आलस। आलस की मूल है—दरिद्रता। दरिद्रता और आलस दोनों आपस में जुड़े हुए हैं। आदमी अगर...
- दर्शन करने का मतलब क्या है जानते हैं आप?...? गाँधी जी का दर्शन जिन्होंने किया था, उनका नाम था नेहरू। गाँधी जी का दर्शन जिन्होंने किया, उनका नाम थ...
- दर्शन करने का मतलब क्या है जानते हैं आप?...? गाँधी जी का दर्शन जिन्होंने किया था, उनका नाम था नेहरू। गाँधी जी का दर्शन जिन्होंने किया था, उनका ना...
- दर्शन करने की बुद्धि कहाँ है?...? केवल देखने जाते हैं। बद्रीनाथ का खिलौना, जगन्नाथ का खिलौना, फलाने जगह का खिलौना। मन्दिरों में रखे हु...
- दर्शन करने की बुद्धि कहाँ है?...? उनमें केवल देखने के लिए जाते हैं कि बद्रीनाथ कहाँ है, केदारनाथ कहाँ है? मन्दिरों में रखे हुए खिलौनों...
- दर्शन करने गए थे या भाड़ में?...? अध्यात्म है साइंस ऑफ सोल
मित्रो! क्या करना पड़ेगा? आपको आध्यात्मिक जीवन में पात्रता का विका...
- दर्शन करने गए थे?...? किसका दर्शन करने गए थे? साहब! बदरीनाथ का दर्शन करने गए थे। तो कर लिया दर्शन? हाँ साहब! खूब दर्शन हो ...
- दर्शन करने गए थे?...? किसका दर्शन करने गए थे? साहब! बद्रीनाथ का दर्शन करने गए थे। तो कर लिया दर्शन? हाँ साहब! खूब दर्शन हो...
- दर्शन किसे कहते हैं?...? दर्शन कहते हैं फिलॉसफी को। संस्कृत में दर्शन का अर्थ होता है-फिलॉसफी को समझना। पण्डित नेहरू ने गाँधी ...
- दर्शन से आपका मतलब क्या है?...? बेटे! दर्शन का अर्थ यदि देखना भर लगाता है तो देखने का इतना ही फायदा होगा कि उसकी यह व्याख्या कर सकता...
- दर्शन से आपका मतलब क्या है?...? बेटे! दर्शन का अर्थ यदि देखना भर लगाता है तो देखने का इतना ही फायदा होगा कि उसकी यह व्याख्या कर सकता...
- दवा खाना है तो पसीना चाहिए?...? धीरे-धीरे चलेंगे तो पसीना नहीं निकलेगा। तेज गति से चलने पर पसीना निकलेगा। जमींदार ने रोजाना पसीने मे...
- दवा दारू का इंतजाम किसके लिए है?...? बोलना किसको आता है? किताबें कौन पढ़ सकता है? वगैरह आपको इतनी सुविधाएँ मिली हुई हैं आप कभी एकान्त में ...
- दवा-दारू का इन्तजाम किसके लिए है?...? बोलना किसको आता है? किताबें कौन पढ़ सकता है? अगर आपको इतनी सुविधाएँ मिली हुई हैं आप कभी एकान्त में ब...
- दवाओं की अभी आप प्रशंसा कर रहे थे और अब गाली देते हैं, ये क्या बात हुई?...? बेटे! हम गाली इसलिए देंगे कि आहार-विहार पर आप कोई ध्यान नहीं देंगे, परहेज नहीं करेंगे, चाहे जैसे रहे...
- दवाओं की अभी आप प्रशंसा कर रहे थे और अब गाली देते हैं, ये क्या बात हुई?...? बेटे! हम गाली इसलिए देंगे कि आहार- विहार पर आप कोई ध्यान नहीं देंगे, परहेज नहीं करेंगे, चाहे जैसे रह...
- दस दस आदमियों को अख़बार, पत्रिका पढ़ाता है इन सबको कह दिया है कि अखण्ड ज्योति जहर भी जाए दम दस आदमियों को पढा़नी चाहिए तो हमारे पोते हैं १० लाख और परपोते?...? अभी ठहर जा बेटे! हमारे कुटुम्बी बहुत हैं। अभी तो ७० साल की उम्र हुई है। अभी तो हमारे बेटे, पोते हो पा...
- दस पैसे की लेकर चला आया, घर आकर कहने लगा मैं तो सोने की अँगूठी लाया हूँ, हीरे की अँगूठी लाया हूँ, कितने में लाया है?...? दस पैसे में। चल, उल्लू कहीं का! दस पैसे की कहीं अँगूठी आती है।कम दाम का—कम दाम का........ मित्रो! लो...
- दस लाख रुपये कहाँ से इकट्ठा होना चाहिए?...? इसके लिए हमको चलना चाहिए और लोगों से माँगना चाहिए, धन इकट्ठा करना चाहिए। मन ने कहा-त्याग करने के...
- दस लाख से काम चल जाएगा?...? नहीं; दस लाख से काम नहीं चलेगा, क्योंकि इसमें सौ क्वार्टर बनने वाले हैं। जितने भी कार्यकर्ता यहाँ रह...
- दस लाख से काम चल जाएगा?...? नहीं; दस लाख से काम नहीं चलेगा, क्योंकि इसमें सौ क्वार्टर बनने वाले हैं। कितने भी कार्यकर्ता यहाँ रह...
- दस वर्ष में 730 पुस्तकें पढ़ने वाले व्यक्ति के ज्ञान का विचार-स्तर कैसा होगा?...? इसके बारे में पाठक स्वयं ही अन्दाज लगा सकते हैं। अतः समय को मामूली न समझें। नियमित रूप से कोई भी काम...
- दस हजार तक पाते हैं?...? और इस बेचारी को चौकीदार, धोबी, माली सब बना रखा है। यह बगैर पैसे की मिल गई है कि नहीं मिल गई है। इसका...
- दही नहीं है, तो कैसे जमेगा?...? अच्छा तेरे पास दही नहीं है, तो मैं और तरीके बता सकता हूँ। चाँदी की कोई चीज ले और दूध में डाल दे। चाँ...
- दहेज एवं मृत्युभोज के नाम पर कितना पैसा खरच होता है?...? भिक्षा व्यवसाय में लाखों की तादाद में आदमी कैसे अपने समय को खराब करते और अपनी दीनता का परिचय देते है...
- दहेज के दानव को कौन जलाएगा?...? आप जलाएँगे। यदि आपके अन्दर करुणा है, तो आप शपथ लेंगे कि हम कभी भी दहेज नहीं लेंगे।
आज हमारी बेटिया...
- दहेज से बचने के लिए क्या किया जाय?...? (९) युग-निर्माण योजना द्वारा इस सम्बन्ध में किये जाने वाले कार्यों पर प्रकाश डालिए? आततायी उद्दण्डता...
- दहेज से बचने के लिये क्या किया जाय?...? (९) युग निर्माण योजना द्वारा इस सम्बन्ध में किये जाने वाले कार्यों पर प्रकरण डालिये? कथाएँ —— (१) क...
- दाँत कैसे हैं?...? ये किस काम आ सकता है? यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम आ सकता है? कामवासना के सेवन करने में आता है...
- दाँत खराब हुए कि नहीं हुए?...? ज्यादा शक्कर खाने से दाँतों में कीड़े लग जाते हैं और बच्चों के दाँत खराब हो जाते हैं।
आचरण में ...
- दाँत बड़े-बड़े से मतलब?...? दाँत बड़े-बड़े से मतलब ये है कि हम पेटू आदमी हैं और खाने वाले आदमी हैं। हमारे दाँत भेड़िये जैसे हैं, हम...
- दाई रुपए की और ये हीटर कितने रुपए में आता है?...? मित्रो! आसमान से लाइट बरसती है, रोशनी बरसती है, आक्सीजन बरसती है, जीवन बरसता है, प्राण बरसता है, सौं...
- दाढ़ी-मूँछ वाले हैं, माँ-बाप की भी कुछ कल्पनाएँ होती हैं बच्चों से, कि वह पुरुषार्थ करेगा, कमाएगा, खिलाएगा, हमारे पाँव दाबेगा, कपड़े धोएगा, पर हमारा तो नहीं है यह उद्देश्य आपका निजी कार्य?...? बेटे! ऐसा कभी न सोचना। न सोचेंगे, है ही नहीं काम तो करेंगे क्या? कोई कपड़ा लाता है तो सोचते हैं क्यो...
- दादा गुरु कौन हैं?...? दादा गुरु ये आचार्य जी हैं। हमारा गुरु वह मुसलमान जो पहले हमारे यहाँ मुसलतापुर में रहते थे और दादा...
- दान देने के लिए, उदार बनने के लिए और सेवा करने के लिए तो आपके पास सामान चाहिए न?...? कुछ तो होना चाहिए न? नहीं साहब! हम सेवा करेंगे। आप किससे सेवा करेंगे? अकल आपके पास है नहीं, शरीर ...
- दान से क्या मतलब है?...? दान से मतलब ये है कि हमारा कारिन्दा हो के काम कर, जैसे बताएँ, वैसे कर। अपनी रीति-नीति, गतिविधियाँ बद...
- दानवी सभ्यता, जिसने कि हमारे सारे के सारे मानव समाज को बुरे तरीके से जकड़ रखा हैं, इसको मारने के लिए बो तत्त्व काफी नहीं है, जिनको राजनीति वाले हथियारों के रूप में प्रयोग करना चाहते हैं और हम किस तरीके से प्रयोग करना चाहते हैं?...? हम संघर्ष के द्वारा करना चाहते हैं, घिराव के द्वारा करना चाहते हैं, सत्याग्रह के द्वारा लड़ना चाहते ह...
- दानवी सभ्यता, जिसने कि हमारे सारे-के-सारे मानव समाज को बुरे तरीके से जकड़ रखा है, इसको मारने के लिए वो तत्त्व काफी नहीं है, जिनको राजनीति वाले हथियारों के रूप में प्रयोग करना चाहते हैं और हम किस तरीके से प्रयोग करना चाहते हैं?...? हम संघर्ष के द्वारा करना चाहते हैं, घेराव के द्वारा करना चाहते हैं, सत्याग्रह के द्वारा लड़ना चाहते ह...
- दाना फेंककर, चावल फेंककर, नैवेद्य फेंककर, धूपबत्ती फेंककर बहेलिए के तरीके से फँसाना चाहते हैं, उसका कचूमर निकालना चाहते हैं?...? इसी का नाम भजन है? तपश्चर्या, साधना क्या इसी को कहते हैं? योगाभ्यास का सिद्धान्त यही है? मैं आपसे ही...
- दाम की क्या पूछते हैं?...? हमारे पिताजी और आपके पिताजी तो हमेशा के जान-पहचान वाले थे। दुकान आपकी है, ले जाइये। उस समय आपने सि...
- दायाँ-बायाँ हाथ अगर कोई बनेगा, तो किस बात का बनेगा?...? और हम हाथ का क्या करेंगे? बेटे, हम हाथ से काम कराएँगे। इस माने में आप लोग अब हमारे दाएँ-बाएँ हाथ बने...
- दाल बाटी चूरमा?...? ’’ और पिता जी ने उन्हें दाल-बाटी पर एक कविता सुनाई।
कविता सुनने के बाद माताजी ने कहा, ‘‘बेटा! कल मै...
- दाल में कुछ न कुछ काला है अन्यथा पण्डित क्यों कहता सावधान?...? उन्होंने आँखें बन्द कीं तो सारा माजरा समझ में आ गया। उनके भगवान ने कहा—यह जिन्दगी का मोड़ है—इधर चल य...
- दिक्कत क्या थी?...? पैसा नहीं था? साधन नहीं थे? बेकार बात मत करिए! न पैसे से कोई ताल्लुक है, न साधनों से कोई ताल्लुक है,...
- दिखा जरा, देख तो लूँ क्या है?...? तो वह लाया। मैंने चुपके से उससे कान में पूछा—क्या है रे ये? देना तो मुझे कुछ है नहीं। न दिया है, न ह...
- दिखा, क्या चमत्कार दिखाएगा?...? सावन के महीने में तीन पैर की लकड़ी लाया। और क्या लाया? मिट्टी के तीन घड़े लाया और उसमें सुराख कर दिय...
- दिखा, क्या दिखाएगा?...? बस, सावन भर शंकर भगवान के ऊपर पानी टपकता रहा और पानी टपकने के बाद उनको जुकाम हो गया। जुकाम के बाद मे...
- दिखाई न देने से क्या आपको कोई नुकसान है?...? और दिखाई पड़ें, तो आपको कुछ फायदा है क्या? बताइये, क्या आपको अपना दिल दिखाई पड़ता है? नहीं दिखाई पड़त...
- दिखाई नहीं पड़ते हैं क्या हुआ, शक्ल ही तो दिखाई नहीं पड़ती है लेकिन जो सारा−का−सारा विराट रूप है उनका, क्या वह आपको दिखाई नहीं पड़ता?...? आप इसमें झाँककर क्यों नहीं देखते? क्यों नहीं अपनी माँ की छवी में अपने गुरु को देखते? जब आपके सामने ए...
- दिखाई नहीं पड़ता क्या?...? नहीं महाराज जी मुझे तो दिखाई नहीं पड़ता। देख, अपने सीने पर हाथ रखकर, देख-कौन बोल रहा है? इसके भीतर एक...
- दिखाई पड़ेगा आपको?...? साँय-साँय सब जगह से कुछ सुनाई नहीं पड़ेगा आपको। आपके कान तो खराब हो गये हैं। दुनिया तो जहाँ-की है। आप...
- दिखाई भी पड़ सकते हैं, लेकिन जो आज आपके अन्दर स्फूर्ति भर रहे हैं, क्या मात्र शरीर ही भरेगा?...? शरीर तो आगे नहीं रहेगा; लेकिन एक बात का ध्यान रखना कि हमने जो यह बगीचा लगाया है। इसमें बढ़ोत्तरी होन...
- दिन में भगवान् के आगे दीपक जलाने की क्या जरूरत है?...? इसकी जरूरत नहीं है। कौन कहता है कि दीपक जलाइए क्यों हमारा पैसा खर्च कराते हैं? क्यों हमारा घी खर्च...
- दिन में सपने क्यों देखते हैं?...? सपनों की दुनिया में ही घूमते रहेंगे, या वास्तविकता को भी समझेंगे?
मित्रो! मुझे ऐसे लोगों के ऊपर ...
- दिनभर बाहर काम करके और तरह-तरह के संघर्षों से थककर आने पर भोजन, स्नान तथा आराम-विश्राम की व्यवस्था पत्नी के सिवाय और कौन करेगा?...? पुरुष एक उद्योगी तथा उच्छृंखल इकाई है। परिवार बसाकर रहना उसका सहज स्वभाव नहीं है। यह नारी की ही कोमल...
- दिमाग अगर खराब हो जाएगा, अकल अगर खराब हो जाएगी तो शरीर का क्या होगा?...? जिस समाज में, जिस देश मेंं, जिस युग में, दिमाग-ब्राह्मण अस्त-व्यस्त हो जाता है, तब उस देश की मुसीबत ...
- दिमाग की क्षमताओं से कैसे लाभ उठाया जा सकता है?...? तो निम्न पुस्तकें पढ़ें—
1. मस्तिष्क प्रत्यक्ष कल्पवृक्ष 2. बुद्धि बढ़ाने के वैज्ञानिक विधि 3. अती...
- दिमाग के द्वारा क्या सुख मिलता है?...? दिमाग में—जिस तरीके से इंद्रियों में खुजली मचती रहती है, उसी तरीके से दिमाग में भी, मन में भी एक...
- दिमाग के बारे में हम क्या कहें?...? आँखों के लिए क्या कहें? हर इन्द्रिय के लिए क्या कहें? अनोखा प्राणी है मनुष्य। भगवान् ने इस हाड़-मास क...
- दिमाग को हम कब बदलना चाहते हैं?...? आप किसी से भी मालूम कर लीजिए, दिमाग तो बड़ा चालाक है। आप जैसा निषेध करने को तैयार हैं, वह इससे भी...
- दिमाग क्या है?...? दिमाग बेटे वो है जो हमारी भीतरी और बाहरी जिन्दगी के ऊपर पूरी तरह से कंट्रोल करता है। दिमाग को आपने गर...
- दिमाग खराब हो गया है क्या करेंगे?...? अपना दिमाग तो सही हो, अपनी झिल्ली तो सही हो, अपना अपनी आँखों का तिल तो सही हो। ये सही होगा, तो फिर स...
- दिमाग पर क्यों?...? आप चाहें तो उसे जलन से बचा सकते हैं, जो चौबीसों घण्टे जलता रहता है। रहम अगर हो तो आप अपने घर में जलते...
- दिमाग पर क्यों?...? आप चाहें तो उसे जलने से बचा सकते हैं, जो चौबीसों घण्टे जलता रहता है। रहम अगर हो तो आप अपने घर में जलत...
- दिमाग में आ जाता है, तो वह निकल जाता है, इससे आपको कोई ताल्लुक है?...? नहीं है।
इससे एक ही ताल्लुक है कि आप उनसे नसीहत लें। उनसे प्रेरणा लें कि सारे विश्व के लिए उनने अ...
- दिमाग में आ जाता है, तो वह निकल जाता है, इससे आपको कोई ताल्लुक है?...? नहीं है। इससे एक ही ताल्लुक है कि आप उनसे नसीहत लें। उनसे प्रेरणा लें कि सारे विश्व के लिए उनने कितन...
- दिमाग में क्या-क्या बीमारियाँ होती हैं?...? मेंटल हास्पिटल में साइकोलॉजी की जिन थोड़ी सी किताबों में मेंटल बीमारियों का जिक्र आया है, हम उसी के...
- दिमाग सरक गया है क्या?...? जो तुम अपनी जमी जमायी फैक्टरी बन्द कर रहे हो।’’ लेकिन मेरी अन्तर्स्थिति को कोई कहाँ समझ सकता था?
फ...
- दिमागी बीमारियाँ इस कदर फैली पड़ी हैं कि मैं आपसे क्या कहूँ?...? मित्रो! आदमी एक तरह से पागल हुआ चला जाता है। बात-बात पर तुनक मिजाज, बात-बात पर गुस्सा जरा-सी बात है।...
- दिया है कि नहीं दिया है?...? हाँ बेटे, सिर-माथे पर है। यदि यह अंशदान आप नहीं देते, तो इतनी बड़ी बिल्डिंग कहाँ से बनती? जो यहाँ के...
- दिल है ही नहीं तो लगायेगा कहाँ से?...?...
- दिलीप के और फिर?...? फिर पाँच-सात पीढ़ी के बाद वही झगड़ा खड़ा हो गया था। फिर क्या हो गया? फिर राजा दशरथ ने कहा—महाराज जी हमा...
- दिल्लगीबाजी क्या होती है?...? यह होती है, जैसे 'लाठी से थन छूना।' कोई एक दिल्लगीबाज था। उसने गाय का दूध पीने के लिए क्या किया? पोल...
- दिल्लगीबाजी क्या होती है?...? यह होती है, जैसे 'लाठी से थन छूना।' कोई एक दिल्लगीबाज था। उसने गाय का दूध पीने के लिए क्या किया? पोल...
- दिल्ली के चावड़ी बाजार में क्यों नहीं बैठ जाते?...? तब उनके पास देखने वाले-दर्शन करने वाले हजारों आदमी आते? विष्णु भगवान् के बारे में मैंने आपको बता...
- दिवाली पर घर की पुताई होती है कि, नहीं होती है?...? नहीं पोतेंगे तो लक्ष्मी जी क्या करेंगी गन्दे घर में आकर? वे गन्दे घर में नहीं आतीं। भगवान जो हैं, गन...
- दिव्यदृष्टि किसे कहते हैं?...? दूर की दृष्टि, श्रेष्ठता की दृष्टि, विवेक की दृष्टि को दिव्यदृष्टि कहते हैं। जिसके सोचने के तरीके,...
- दिशा क्या है?...? बेटे, दो दिशाएँ हैं। आप इसमें से जिसको पसन्द करना चाहते हैं, स्वीकार कीजिए। उसके बारे में अपना वोट ड...
- दिशा जो मिल गई?...? छोड़ेंगे, करेंगे।बुरे कर्म छोड़ेंगे और अच्छे कर्म करेंगे, इसके लिए मन कच्चा न होने पावे और भूल-भुलैयों...
- दिशाबोध उन्हें कहाँ होता है?...? यही स्थिति लोकमानस के सम्बन्ध में भी कही जा सकती है। नीर-क्षीर की विवेक बुद्धि तो कम दीख पड़ने वाले ...
- दीक्षा का क्या अर्थ है?...? दीक्षा का मतलब है—जुड़ जाना। किससे जुड़ जाना? उस महान शक्ति से जुड़ जाना, जो प्रेरणा का स्रोत है। शक...
- दीखता है कि वह महाविनाश कहीं अगले दिनों घटित तो होने नहीं जा रहा है?...? पक्ष दूसरा भी है- इक्कीसवीं सदी की ऐसी सुखद सम्भावना जिसे सतयुग की वापसी कहा जा सके। इन दोनों की प...
- दीखता है कि वह महाविनाश कहीं अगले दिनों घटित ही तो होने नहीं जा रहा है?...? पक्ष दूसरा भी है—इक्कीसवीं सदी की ऐसी सुखद सम्भावना, जिसे सतयुग की वापसी कहा जा सके। इन दोनों ही प्र...
- दीखने में छोटा-सा छापाखाना पर हमारा मकसद बड़ा था, उद्देश्य बड़ा था तो परिणाम जो निकलकर सामने आए वे कैसे शानदार थे?...? छोटी मशीन में दुनिया को हिला देने वाला, ऊँचे मकसद व उद्देश्यों वाला साहित्य छपता था, जबकि बड़ी-बड़ी मश...
- दीन-दुखियों का रक्त चूसकर यदि अपना पेट बढ़ा लिया तो यह क्या बड़ी सफलता हुई?...? आपके अमीर बनने से यदि दूसरे अनेक व्यक्ति गरीब बन रहे हों, आपके व्यापार से दूसरों के जीवन पतित हो रहे...
- दीपक कितने पैसे का होता है?...? पाँच पैसे का और तेल एवं बत्ती—एक छदाम की—एक पैसे की। बस, इतनी कीमत का दीपक तमाम रात जलता रहता है और ...
- दीपक कैसे रखें?...? यह सब क्या है? विधि है। कलेवर का नाम विधि है। जिस विधि को आप पूजते हैं वह आवरण है। आवरण की भी जरूरत ...
- दीपक को पचासों आदमी जलाते रहते हैं, उसके मुखाग्नि से मालूम कीजिए, क्या है दीपक?...? दीपक में तो कुछ भी नहीं। फिर कहाँ से आता है प्रकाश? बेटे! वहाँ से आता है, जहाँ पर हम श्रद्धा का समन्...
- दीपक क्या सिखाता है?...? हमने कितनी बार आपको बताया। मिठास क्या सिखाता है? और शक्कर क्या सिखाती है? वो हमने कितनी बार बताया और...
- दीपक क्यों ले आए?...? अरे साहब! हम यहाँ अँधेरे में पड़े थे। रास्ता पता नहीं था कि कहाँ, किधर जाएँ, कहाँ पानी पिएँ? हम घुप्...
- दीपक ने कहा—सम्भव तो है, मैं तुझे प्रकाश दे भी सकता हूँ, लेकिन तू धारण किसमें करेगा?...? सारे का सारा माँस का बना हुआ टुकड़ा, परों का बना हुआ टुकड़ा, बालों का बना हुआ टुकड़ा—कौन? पतंगा। उसने द...
- दीपक में क्या ताकत हो सकती है?...? वह उजाला कर सकता है? नहीं, दीपक जीवात्मा में कोई बल नहीं दे सकता, क्योंकि वह वस्तु है, पदार्थ है, मै...
- दीपक में क्या ताकत हो सकती है?...? वह उजाला कर सकता है। हमारी जीवात्मा में क्या दीपक बल दे सकता है? नहीं, दीपक जीवात्मा में कोई बल नह...
- दीपक से क्या अर्थ होता है?...? दीपक से आप यह मत सोचिए कि भगवान को कम दिखाई पड़ता है, इसलिए आप रोशनी कर देंगे, तो उनको रास्ता चलने मे...
- दीपक से क्या मतलब है?...? दीपक से यह मतलब है कि हमारा दिल स्नेह-प्यार से लबालब भरा हुआ हो। स्नेह क्या है? चिकनाई। तेल, घी को भ...
- दीपावली के दिनों आपने गली-गली, मोहल्ले-मोहल्ले और चौराहे-चौराहे पर तसवीर वालों की दुकानों को देखा नहीं है कि इन तसवीरों में क्या है?...? आपको इनमें अस्सी फीसदी तसवीरें वे मालूम पड़ेंगी, जो मनुष्य की वासना को उद्दीप्त करती हैं, जो आदमी के...
- दीमक आप जानते हैं, घर में कितना नुकसान करती हैं?...? अनाज को खाने वाले घुन, शरीर को खाने वाले विषाणु, फसल को खाने वाले कीड़े, जंगली जानवर, बिच्छू, साँप, ब...
- दीर्घजीवी कैसे हो सकते हैं?...? इसका ताल्लुक इसी से है।दूसरा है—प्राणमय कोश। मूलाधार चक्र इसका केन्द्र है। इसकी ऐसी विशेषता है कि इस...
- दुःख कैसे हो गया?...? इसमें संसार में क्या कमी दिखाई पड़ती है आपको? बाप-दादों की तुलना में हम हजारों गुने ज्यादा सुखी हैं। ...
- दुकान पर आप सवेरे से शाम तक बैठे रहते हैं, मन लगता है कि नहीं लगता?...? अरे साहब कहीं जाना पड़ता है, तो हमारा सब काम हर्ज हो जाता है दुकान में से पैसा मिलता है, आप उसे छोड़...
- दुकान पर से समिधाएँ ले आइए टाल पर से ले आइए और दुकानदार से पूछना कि आम की है?...? अच्छा महाराज जी! आम की समिधा मिल जाएगी। बेटे! जिसकी दे, उसी की ले आना और चीर-फाड़कर हवन कर देना। तो फ...
- दुकान पर से समिधाएँ ले आइए, टाल पर से ले आइए और दुकानदार से पूछना कि आम की है?...? अच्छा महाराज जी! आम की समिधा मिल जाएगी। बेटे! जिसकी दे, उसी की ले आना और चीर-फाड़कर हवन कर देना। तो ...
- दुकान में क्या हुआ?...? बेटे का क्या हुआ? बेटी का क्या हुआ? भतीजी का क्या हुआ? दुनिया के जंजाल को तो आदमी बुनता रहता है; पर ...
- दुकानदारी में मन लगता है?...? हाँ साहब! दुकानदारी में लगता है। सबेरे चाय की दुकान खोलते हैं। साढ़े पाँच बजे वाला पैसेंजर आता है। ...
- दुधारू और जराजीर्ण गाय के बीच जो अन्तर किया जाता है उसे देखते हुए यह अनुमान लगाने में किसी को कठिनाई नहीं होनी चाहिए कि संसार में मान और महत्त्व दिये जाने का मापदण्ड क्या है?...? नारी की वर्तमान दुर्गति के भी यही दो कारण है। उसे ससुराल की कृपा पर जीवित रहने एवं उनके अनुग्रह पर ग...
- दुनिया अपने साथ न चलने वाले का कैसा मजाक उड़ाती है, कैसा बेवकूफ बनाती है, उपहास करती है, यह भी मैंने देखा, परन्तु मैं क्या कर सकता था?...? कुटुम्बियों से लोहा लिया, मुहल्ले वालों से लिया, मंच के साथ लोहा लिया, इन्द्रियों के साथ लोहा लिया, ...
- दुनिया आपकी कैसे देगी?...? भीतर वाली कशिश और भीतर वाली मैग्नेट जब विकसित होती है तो दुनिया बेटे, आपको एक उपहार देती है और उस उप...
- दुनिया आपकी प्रशंसा करे तो आपको क्या फायदा है?...? जीवात्मा अगर प्रशंसा करे तो आपको फायदा होगा। इसी का नाम आत्मसन्तोष है। आत्मा अगर यह कहती है कि आप बहु...
- दुनिया आपकी प्रशंसा करे तो आपको क्या फायदा है?...? जीवात्मा अगर प्रशंसा करे तो आपको फायदा होगा। इसी का नाम आत्मसन्तोष है। आत्मा अगर यह कहती है कि आप बहु...
- दुनिया आपको कैसे देगी?...? दुनिया कभी आपने देखी है? मोटर साइकिलें जब भागती हैं, तो उसके पीछे-पीछे पत्ते भागते हैं। आपने देखे है...
- दुनिया कभी आपने देखी है?...? मोटर साइकिलें जब भागती हैं, तो उसके पीछे-पीछे पत्ते भागते हैं। आपने देखे हैं कि नहीं देखे? पत्तों को...
- दुनिया की परिस्थितियाँ क्या हैं?...? इसका ज्ञान उन्हें होना चाहिए, तभी इनकी अकल खुलेगी। पढ़ाई आँखें खोल सकती है, पर अकल नहीं खोल सकती। ...
- दुनिया की व्यवस्था कैसे कायम रह पाएगी?...? बता बेटे! तू क्या कह रहा था? नहीं साहब! मैं तो मनोकामना की बात कह रहा था। बेटे! मनोकामना की बात तो ठ...
- दुनिया की सुख- सुविधाएँ क्या हैं?...? दुनिया के लाभ क्या हैं? शरीर के लाभ क्या हैं? मन की खुशी क्या है? यह जो कुछ देखने का माद्दा हम लोग...
- दुनिया के कायदे कैसे रहेंगे, दुनिया के नियम कैसे चलेंगे?...? दुनिया की व्यवस्था कैसे कायम रह पाएगी? बता बेटे! तू क्या कह रहा था? नहीं साहब! मैं तो मनोकामना की बा...
- दुनिया के लाभ क्या हैं?...? शरीर के लाभ क्या हैं? मन की खुशी क्या है? यह जो कुछ देखने का माद्दा हम लोगों को है कि शरीर क्या मा...
- दुनिया के सारे-के कम्युनिस्ट आते हैं, जो भी उनका तरीका है, पूजा का क्या तरीका होता है?...? अभिवादन भी हो सकता है, माला चढ़ाना भी हो सकता है, जो भी हो सकता है—मैं नहीं जानता; पर हर आदमी उनके सा...
- दुनिया को खूबसूरत बनाना था, दुनिया में शान्ति स्थापित करनी थी, लेकिन लोगों को इससे क्या लेना-देना?...? उनका तो जिससे काम पूरा होता हो, वह वही करेंगे।
भगवान बहुत परेशान हो गए। उन्होंने कहा—‘‘इनसे कैसे...
- दुनिया को दिखाई पड़ता है कि कठपुतली का नाच कितना शानदार हुआ?...? पर वस्तुत: यह कठपुतली का नाच नहीं वरन बाजीगर का कमाल है। कठपुतली ने तो अपने शरीर के हिस्सों में धागे...
- दुनिया को हम क्या कर सकते हैं?...? दुनिया जो कहेगी, सो कहेगी। बस हर आदमी के लिए इतना काफी है कि उसने ईमानदारी के साथ में अपने फर्ज और ड...
- दुनिया क्या कहती है?...? अरे, ये तो पागलों की दुनिया है, जाहिलों की दुनिया है। हमारा पड़ोसी मना करता है। पड़ोसी तो महाजाहिल है ...
- दुनिया जाने कितने लोगों के लिए बनी है और किस उद्देश्य से बनी है और जाने किसने बनाई है?...? साहब! हमारा बच्चा जिन्दा रहना चाहिए? भाई साहब! आपका बच्चा जिन्दा रहेगा, तो पड़ोसी के घर में बच्चा पैद...
- दुनिया बदल रही है—सुधर रही है, ऐसे में हम कैसे बच सकते हैं?...? हमको महत्त्वाकाँक्षाएँ नहीं, महानताएँ जगानी चाहिए। आज आदमी के भीतर महत्त्वाकाँक्षाएँ भड़क गयी हैं। हर...
- दुनिया में आपने किसी जानवर को बीमार होते देखा है?...? गाय जंगल में रहती है, पर क्या वह बीमार रहती है? जंगली जानवर—हिरन, खरगोश, हाथी, चीते, गैण्डे कोई बीमा...
- दुनिया में इंसानों की चाल-चलन क्या रहे हैं?...? दुनिया में किस तरीके से उतार-चढ़ाव आते रहते हैं, ये हम इतिहास से सीखें।...
- दुनिया में इनसानों के चाल-चलन क्या रहे हैं?...? दुनिया में किस तरीके से उतार-चढ़ाव आते रहे हैं? ये बातें वे इतिहास से सीखें।...
- दुनिया में एक से एक सुहावने दृश्य (दिखाई) दिखाई पड़ते हैं; एक-से सुहावने दृश्यों को देख कौन सकेगा?...? जिसकी (आँखों का) आँखों का तिल साबुत होगा, वही तो देखेगा? जिसकी आँखों का तिल साबुत नहीं है, वो कैसे द...
- दुनिया में एक से एक सुहावने दृश्य दिखाई पड़ते हैं; पर एक-से सुहावने दृश्य को देख कौन सकेगा?...? जिसकी आँखों का तिल साबुत होगा, वही तो देखेगा? जिसकी आँखों का तिल साबुत नहीं है, तो कैसे देखेगा! जरा ...
- दुनिया में कलाकार कम हैं क्या?...? चतुर आदमी दुनिया में कम हैं क्या? क्रियाकुशलों की कमी है क्या? पर वे सब स्वयं के लिए हैं। दूसरों के...
- दुनिया में कहीं ऐसी कोई पढ़ाई होती है क्या?...? पढ़ाई के लिए हमेशा लक्ष्य तय करना पड़ता है, इष्ट तय करना पड़ता है। मित्रो! जब कोई सफर करना ...
- दुनिया में किस तरीके से उतार-चढ़ाव आते रहे हैं?...? पेड़ कैसे पैदा होते हैं? यह सृष्टि क्या है? राजनीति क्या है? समाज क्या है? एक नागरिक कर्तव्य क्या है?...
- दुनिया में किस तरीके से उतार-चढ़ाव आते रहे हैं?...? ये बातें वे इतिहास से सीखें। इसी तरह मित्रो! पेड़ कैसे पैदा होते हैं? यह सृष्टि क्या है? राजनीति क्या...
- दुनिया में किसी की भी मनोकामना कभी भी पूरी नहीं हुई तो तेरी कैसे पूरी हो जायेगी?...? कल्पना कभी पूरी नहीं होती। तो क्या-क्या चीज पूरी होती है? संकल्प पूरे होते हैं। आदमी ने संकल्प किया...
- दुनिया में कोई सती साध्वी, बेटी,माँ,बहन कोई है?...? नहीं साहब! दुनिया में कोई बहन नहीं होती, कोई बेटी नहीं होती। जितनी भी रेलगाड़ियों में चल रही है, जित...
- दुनिया में कोई सती, साध्वी, बेटी, माँ, बहन कोई है?...? नहीं साहब! दुनिया में कोई बहन नहीं होती, कोई बेटी नहीं होती। जितनी भी रेलगाड़ियों में चल रही हैं, जि...
- दुनिया में कोई सती, साध्वी, बेटी, माँ, बहन कोई है?...? ? नहीं साहब! दुनिया में कोई बहन नहीं होती, कोई बेटी नहीं होती। जितनी भी रेलगाड़ियों में चल रही हैं, ...
- दुनिया में क्या हो रहा है?...? आप सुनते नहीं हैं और पहरेदारों ने कह दिया कि भगवान सो गए हैं। अभी तो लंच टाइम है और भगवान नहीं आने व...
- दुनिया में क्या-क्या चीजें लेकर के आया है?...? अगर आपको यह पता होता कि कर्मकाण्ड इतनी चीजें ले करके आ सकता है, तो उपासना का जो माध्यम साधना है, वह ...
- दुनिया में चीजें रहेंगी कैसे?...? लेकिन आपको खरच के बारे में हजार बार सोचना चाहिए और लाख बार सोचना चाहिए। आप जो कमाते हैं, आखिर उसको ख...
- दुनिया में जितनी चीजें हैं, अगर हम और आप उसको बाँटकर खायें, तो दुनिया में क्या कोई अभागा मनुष्य रहेगा?...? जिनके पास विद्या है, उससे उन लोगों को जो विद्या में पिछड़े हुए हैं, उनको ऊँचा उठाने के लिए अगर हमारी ...
- दुनिया में बहुत दुःख फैला हुआ है, तो आप कुछ करेंगे कि नहीं करेंगे?...? हम तो साहब! वह करेंगे जो नारद जी ने बताया है। नारद जी ने क्या बताया है। नारद जी ने बताया है कि विष्ण...
- दुनिया में भूख से बड़ा कौन है?...? दुनिया में चोरी हो रही है, डकैती हो रही है, अत्याचार, अनाचार हो रहे हैं। यह सब भूखे आदमी कर रहे ...
- दुनिया में महापुरुष क्या करते हैं?...? बेटे! वे रिस्की काम करते हैं। उन्होंने हमेशा जिन्दगी का जुआ खेला है, महापुरुष जुआरी होते हैं। मारे गए...
- दुनिया में हिम्मत वालों के नाम बताइए?...? बेटा एक का नाम था नल और एक का नाम था-नील। नल-नील क्या होते हैं? नल-नील रीछ थे। रीछ क्या कर सकते हैं?...
- दुनिया हमें क्या कहेगी?...? दुनिया को हम क्या कर सकते हैं? दुनिया जो कहेगी, सो कहेगी। बस हर आदमी के लिए इतना काफी है कि उसने ईमा...
- दुपहरी के दिनों में कष्ट क्यों उठाते?...? यहाँ कोई मिठाई मिलती है क्या आपको? यहाँ पंखे मिलते हैं क्या? यहाँ तो जमीन पर पड़े रहते हैं और बुरे तर...
- दुबारा जन्म क्या है?...? नर-पशु के जीवन से नर-नारायण के जीवन की भूमिका में प्रवेश करना। यही तो दूसरा जन्म है और ये दूसरा जन्म...
- दुरुपयोग कैसा करेगा?...? जैसा कि भस्मासुर ने किया था। उसने तप किया। तप से शंकर जी प्रसन्न हो गए। उन्होंने कहा—वरदान माँगो। वर...
- दुर्गा का अवतार कैसे हुआ, आपको मालूम है?...? सब के सब देवता इकट्ठा होकर प्रजापति के पास गए और प्रजापति से कहा," अब यह दैत्य हमारे संभालने मे...
- दुर्गा का अवतार कैसे हुआ, आपको मालूम है?...? सब-के देवता इकट्ठे होकर प्रजापति के पास गये और प्रजापति से कहा—अब ये दैत्य हमसे सँभालने में नहीं आते...
- दुर्गा का अवतार क्या था?...? देवताओं की सामूहिक शक्ति को इकट्ठा करके प्रजापति ब्रह्मा ने दुर्गा का अवतरण कराया था। श्रेष्ठ कामो...
- दुर्गा की उत्पत्ति कैसे हुईं?...? ६. पूजा में प्रयुक्त होने वाले ‘पुष्प’ क्या शिक्षा देते हैं। ७. चन्दन एवं प्रसाद का क्या महत्त्व है?...
- दुर्गा—अम्बाजी नवरात्र में हमारे सामने सयानी लड़की के रूप में आ जायें, तो क्या हम उन्हें गन्दी आँख से देखेंगे?...? इस तरह हम कैसे देख सकते हैं? गायत्री माता अपना रूप लेकर के हँस पर बैठ करके आयें, तो क्या हम उन्हें ग...
- दुर्गुण हमारे कहाँ हैं?...? कषाय हमारे कहाँ हैं और कल्मष हमारे कहाँ हैं? मल हमारे कहाँ हैं? आवरण हमारे कहाँ हैं और विक्षेप ह...
- दुर्गुणी व्यक्ति तथा सद्गुणी व्यक्ति किस प्रकार भिन्न कहे जा सकते हैं?...? (३) उठती आयु में हमें सद्गुणों के साथ-साथ और किन-किन गुणों को हस्तगत करना चाहिए? (४) सद्गुणों और अन...
- दुर्गुणों को निरस्त करने और सद्गुणों को बढ़ाने में कितना प्रयास किया गया?...? *** —पण्डित श्रीराम शर्मा आचार्य, गायत्री तीर्थ शान्तिकुञ्ज, हरिद्वार55. जीवन व्य...
- दुर्बल शरीरों के लिए यह भार आखिर क्या परिणाम उत्पन्न कर सकता है?...? यह स्पष्टतः एक हत्या-काण्डों की शृंखला है। जो जिस वजन को उठाने में असमर्थ है उसके ऊपर लादते ही चले ज...
- दुर्भाग्यशाली कहेंगे, जो ज्ञान के अथाह सागर के समीप ही बैठा रहा और जरा भी उसने ज्ञान का पान नहीं किया, तो उसके लिए क्या कहेंगे?...? बेटे! उसको यही कहेंगे कि यह दुर्भाग्यशाली है। बेचारा है। बेचारा कहेंगे कि दुर्भाग्यशाली कहेंगे या सं...
- दुर्योधन कहाँ है?...? पहले आदमी हमलावर होते थे हमलावरों की मारकाट करने के लिए भगवान् को भी हमलावरों के तरीके से अवतार लेने...
- दुर्योधन से लड़े बिना काम चला?...? कंस से लड़े बिना कहीं काम चला? लड़ाई मोहब्बत की है, या कैसी है? हिंसा की है या अहिंसा की है? यह मैं ...
- दुर्योधन से लड़े बिना काम चला?...? कंस से लड़े बिना काम चला? लड़ाई मोहब्बत की है अथवा कैसी है, हिंसा की है, अहिंसा की है, ये मैं इस वक्त ...
- दुर्व्यसनों की कीमत पर क्या-क्या खरीदा जाता है?...? ईर्ष्या खरीदी जाती है, बीमारियाँ खरीदी जाती हैं, बेअकली खरीदी जाती है, अपयश खरीदा जाता है, सब चीजें ...
- दुर्व्यसनों की कीमत पर क्या-क्या खरीदा जाता है?...? ईर्ष्या खरीदी जाती है, बीमारियाँ खरीदी जाती हैं, बेअकली खरीदी जाती है, आक्रोश खरीदा जाता है। सब चीजे...
- दुष्ट आचरण फौरन करने लगता है; क्योंकि चिन्तन जिसका भ्रष्ट हो गया, उसको आचरण को दुष्ट बनाने में क्या देर लगनी चाहिए?...? विचार आदमी के है ही नहीं। विचार सब अस्त-व्यस्त हो गये। आज सबसे बड़ी आवश्यकता विचार-क्रान्ति की है, जन...
- दुष्ट निकल गया तब?...? तब उसके लिए भी तैयार रहिए। लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगाह रखिए कि यह भी हो सकता है कि उस घर ...
- दुष्ट निकल गया तब?...? तब उसके लिए भी तैयार रहिए? लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगाह रखा कि यह भी हो सकता है कि उस घर मे...
- दुष्टों के प्रति द्वेष?...? नहीं बेटे, द्वेष करके आप ही जल जाएँगे। तो फिर ईर्ष्या? ईर्ष्या से भी आप जल जाएँगे। प्रतिशोध? प्रतिशो...
- दुष्टों के प्रति द्वेष?...? नहीं बेटे, द्वेष करके आप ही जल जाएँगे। तो फिर ईर्ष्या? ईर्ष्या से भी आप जल जाएँगे। प्रतिशोध? प्रतिशो...
- दुष्प्रवृत्तियों में संलग्न व्यक्ति क्या पाता, क्या कमाता है?...? मोटे तौर से यही दीखता है, पर उनके प्रयोक्ता के अन्तराल को टटोला जाय तो प्रतीत होगा कि यह सब कुछ खोखल...
- दूध की गंगा हो सकती है?...? हाँ, हो तो सकती है, पर यह विचारपरक है, बुद्धिपरक है। वह इस तरह की नहीं है, जिसमें स्नान किया जा सक...
- दूध और पानी कहें?...? दूध और पानी में कभी खटाई डालें, तो भी फट जाते हैं। हम तो दूध और पानी से भी ज्यादा हैं। एक और एक ग्या...
- दूध कहाँ से आता है, साहब?...? गाय का दूध कहाँ से आता है? घास में से आता है। अच्छा आप ले जाइए घास, मैं आपको बीस किलो घास देता हूँ इ...
- दूध की गंगा कैसी होती है?...? हमने नहीं देखी है। अगर देखी होती तो फिर ढाई रुपये किलो आपको सपरेटा का दूध नहीं लेना पड़ता फिर मक्खन...
- दूध क्या है?...? उसके चेहरे की जवानी है। लड़की दुबली होती चली जाती है। चेहरा मुरझा जाता है। लाल रंग मुरझा जाता है। आँख...
- दूध देने वाले हों, चाहे हल में चलने वाले हों, दोनों का अन्त क्या होगा?...? भाई साहब! दोनों का अन्त कसाई के यहाँ होगा। नहीं साहब! खूटे पर बाँधकर खिला दीजिए। नहीं, खूटे पर बाँधकर...
- दूध देने वाले हों, चाहे हल में चलने वाले हों, दोनों का अन्त क्या होगा?...? भाई साहब! दोनों का अन्त कसाई के यहाँ होगा। नहीं साहब! खूँटे पर बाँधकर खिला दीजिए। नहीं, खूँटे पर बाँध...
- दूध में उतनी पानी मिला दो?...? जापानी ने कहा-महादेव हम उद्योग करते हैं धोखा नहीं देते? चीनी बहुत घबराये और समझ गये कि उद्योगी को ईम...
- दूर रहता है?...? नहीं बेटे, करोड़ों कि.मी. दूर नहीं रहता। वह हमारे हृदय की धड़कन में रहता है, लपडप के रूप में हमारी स...
- दूर-दूर से आए हैं, तो क्या इनमें कुछ अच्छाई नहीं है?...? अच्छाई भी है। आप यदि जुड़ना चाहते हैं, तो जुड़ने की कसौटी एक ही है। भुजाओं की कसौटी एक ही है। हम एक ...
- दूरदर्शी हैं बच्चे?...? नहीं, दूरदर्शी नहीं हैं।
जो आदमी दूरदर्शी नहीं है, वो न्यायोचित - न्यायोचित बात को विचार नहीं कर स...
- दूसरा आदमी कौन अपने पास बैठने देगा?...?...
- दूसरा आदमी कौन सहयोग करेगा?...? दूसरा आदमी कौन अपने पास बैठने देगा?...
- दूसरा आदमी तुम्हारी सहायता क्यों करेगा?...? दूसरा आदमी तुम्हें अपने पास क्यों बैठने देगा? जहाँ कहीं भी किसी का सहयोग माँगने जायेंगे वह तुम्हारे ...
- दूसरा आदमी तुम्हें अपने पास क्यों बैठने देगा?...? जहाँ कहीं भी किसी का सहयोग माँगने जायेंगे वह तुम्हारे बारे में यही ख्याल तो करेगा न कि चोर है और उचक...
- दूसरा कहाँ तक बनाएगा?...? बचपन में तो होता भी है। गुरुकुलों में ऋषि लोग छोटे बच्चों को महापुरुष बनाने की शिक्षा दिए देते भी है...
- दूसरा कहाँ तक बनाएगा?...? बचपन में तो होता भी है। गुरुकुलों में ऋषि लोग छोटे बच्चों को महापुरुष बनाने की शिक्षा देते थे। आरण्य...
- दूसरा काम क्या करना पड़ेगा?...? दूसरा काम करना पड़ेगा योग। योग क्या होता है? योग कहते हैं बेटे, दो चीजों को मिला देने को। दो और दो क...
- दूसरा क्या कारण था?...? उसके अन्दर करुणा थी। करुणा किसे कहते हैं? कुण्डलिनी को कहते हैं। कुण्डलिनी एक ऐसी चीज है, जो आदमी के...
- दूसरा क्या कारण है?...? । इसका क्या कारण है? उसका अन्तराल उसे बेचैन कर देता है तथा वह भाग पड़ता है। अपनी करुणा एवं दया लेकर स...
- दूसरा जन्म क्या है?...? दूसरा जन्म है—द्विज का। यज्ञोपवीत दूसरे जन्म का सर्टिफिकेट है। यह इस बात का संकेत है कि हमें इनसान क...
- दूसरा पाठ क्या पढ़ाता हूँ?...? जब तक मैं यह कहता था कि गायत्री का अधिकार सबको है। सब जप कर सकते हैं। यह बात भी सही है। मित्रो! ...
- दूसरा फायदा क्या है?...? दूसरा फायदा ये है कि आपको समाज से श्रद्धा और सहयोग मिलता है। अगर आप अध्यात्मवादी हैं तो मैं वायदा कर...
- दूसरा भी तो आदमी था, उससे क्यों नहीं की?...? क्योंकि वह हमारा नहीं था। डालें प्यार की, आत्मीयता की टार्च मित्रो! अपने और पराये का जो यह फर्क है, ...
- दूसरा यह कि जो आवश्यक साधन एवं वैभव प्राप्त है, उसका आज की परिस्थितियों में सर्वश्रेष्ठ उपयोग क्या हो सकता है?...? तीसरा यह कि जन्म की तरह मरण निश्चित है। वह कल भी हो सकता है और परसों भी।...
- दूसरा यह कि हमें क्या कराना है और क्या बनाना है?...? इसके सम्बन्ध में स्थूल रूप से आपको कई चीजें दिखाई पड़ती हैं। क्या करना है? सवेरे उठना चाहिए, नहाना चाह...
- दूसरा यह कि हमें क्या कराना है और क्या बनाना है?...? इसके सम्बन्ध में स्थूल रूप से आपको कई चीजें दिखाई पड़ती है। क्या करना है? सवेरे उठना चाहिए, नहाना चाहिए...
- दूसरा वाला शरीर जिसको हम सूक्ष्म शरीर कहते हैं, यह है क्या?...? यह शरीर आदमी का दिमाग है। यह बहुत बेहतरीन खोपड़ी के भीतर रखा हुआ है। चमड़ी में से खून निकालिए। चमड़ी को...
- दूसरा सपना इतना जबरदस्त आया कि चूहे के तरीके से रोटी के टुकड़े को देखकर मौत के पिंजड़े में जाने को तैयार है?...? यह पता नहीं कि जिन्दगी कितनी कीमती है और इसके लिए क्या करना चाहिए? भगवान् आया और उसने समर्थ को आवाज...
- दूसरी आवश्यकताएँ क्या हैं?...? अरे साहब! रोटी के बाद हमको तो मालूम नहीं कि हमारी क्या जरूरत है? अच्छा आप सिनेमा वाले के पास जाइये औ...
- दूसरी इंद्रिय हमारी कौन सी है?...? वह है काम-वासना वाली इंद्रिय। काम-वासना वाली इंद्रिय के ऊपर अगर नियंत्रण रखना हमारे लिए सम्भव हो सके ...
- दूसरी ओर के लोगों में मैं कहाँ गया?...? दूसरे विश्व में कहाँ गया? लेकिन यह वर्ग जो मुझे सौंपा गया था, जो क्षेत्र मुझे सौंपा गया था वे सीमित ...
- दूसरी ओर क्या होता अगर वह शादी कर लेता तो?...? बच्चे हो जाते और कुछ भी नहीं होता। ताऊ जी, पापा जी को सब नोंचते कि लाओ रोटी, लाओ कपड़ा। ताऊ जी का कचू...
- दूसरी ओर रूस, ब्रिटेन, जापान और अमेरिका आदि समृद्ध देशों के नागरिकों के कठोर श्रम में भारी अभिरुचि लेने की प्रवृत्ति को देखते हैं तो सहज ही यह पता चल जाता है कि उनकी समृद्धियों और सफलताओं का कारण क्या है?...? हालैण्ड, डेनमार्क, यूगोस्लाविया आदि कितने ही देशों की समृद्धि वहाँ के महिला वर्ग की श्रमशीलता पर ही ...
- दूसरी ओर समर्थ शासनाध्यक्ष भी रावण की समर्थता और अपनी दुर्बलता को देखते हुए डर गए हों और झंझट में पड़ने से डरकर कन्नी काट गए हों?...? निष्कर्ष यही निकलता है कि परिष्कृत प्रतिभा, दुर्बल सहयोगियों की सहायता से भी बड़े-से-भी बड़े काम सम्...
- दूसरी चीज क्या चीज हो सकती है?...? मैंने बताया था आपको कि उपासना एवं अध्यात्म दोनों एक ही बात है। इसका एक और नाम है पारस और तीसरा नाम ह...
- दूसरी बात एक और करनी है आपको?...? वह क्या करना है? बिना दहेज और बिना जेवर के ब्याह करना है। आप लोगों में से जो अपने को हमारा कहते है...
- दूसरी बात यह है कि आपको जो चीज दी जा रही है, उसका आप क्या उपयोग करेंगे?...? आपको लड़की मिल जाए और आप ले जाकर उसे वेश्या बना दें, तो लड़की का बाप आएगा, केस करेगा तथा दंगा-फसाद करक...
- दूसरे आदमी जब देखेंगे कि वह आदमी जिस बात पर विश्वास करता है, उसके स्वभाव में यह बात क्यों नहीं आती, उसके व्यवहार में यह बात क्यों नहीं आती?...? जो बात वह दूसरों से कहता है, अगर यह बात सही है तो सबसे पहले उसी ने फायदा उठाया होता।...
- दूसरे आदमी जब देखेंगे कि वह आदमी जिस बात पर विश्वास करता है, उसके स्वभाव में यह बात क्यों नहीं आती, उसके व्यवहार में यह बात क्यों नहीं आती?...? जो बात वह दूसरों से कहता है, अगर वह बात सही है तो सबसे पहले उसी ने फायदा उठाया होता।...
- दूसरे आपका सम्मान करें, इसमें दबाव डालने के लिए आप क्या कर सकते हैं, बताइए?...? नहीं दिया तब? इसलिए पाने का एक ही तरीका है—देना, सम्मान दीजिए और बदले में लीजिए।आप उज्ज्वल भविष्य की...
- दूसरे काम कैसे बनें?...? इसीलिए इसको जुड़ जाना आवश्यक है। जुड़े बिना बड़ी शक्ति प्राप्त नहीं हो सकती, बड़े काम सम्भव नहीं हो सकते...
- दूसरे काम कैसे बनें?...? इसलिए इनका जुड़ जाना आवश्यक है। जुड़े बिना बड़ी शक्ति प्राप्त नहीं हो सकती, बड़े काम सम्भव नहीं हो सकते।...
- दूसरे किसी ने जप नहीं किया?...? बहुतों ने जप किया, फिर फल क्यों नहीं मिला? फल इसलिए नहीं मिला कि लोगों ने अपनी जीभ को जला दिया। झूठ ...
- दूसरे जिस स्थिति में हैं, उस स्थिति में हम होते तो कैसी इच्छा करते?...? यह सोचकर उदार दृष्टि से उनके साथ व्यवहार करना चाहिए और मतभेदों को संघर्ष का कारण न बनाकर जितने अंशों...
- दूसरे दिन सेठ आया, हजार रुपए उसके, किसके?...? ब्राह्मण के, हजार रुपए तो दे ही गया और ऊपर से एक हजार और दे दिया सेठ ने। क्यों दिया? क्योंकि ब्राह्म...
- दूसरे देंगे तो अधिकार मिलेगा, नहीं देंगे, तो कैसे मिलेगा?...? आप अधिकार को लौंग मानिए और अपने कर्तव्यों को, जिम्मेदारी को उससे सुगन्धित कीजिए।एक और बात मैं कहता ह...
- दूसरे धर्मों में देवताओं की शक्ल क्यों नहीं है?...? मुसलमान धर्म में भगवान की कोई शक्ल नहीं बन सकती। देवता की शक्ल नहीं बन सकती। इस बात से वे नाराज ...
- दूसरे ने भी यही कहा कि तुमने अपने कुत्ते को बाँधकर के क्यों नहीं रखा?...? दोनों में टेंशन होने लगी और आपस में मारपीट हो गई। झगड़ा हो गया? फिर क्या हुआ? वे ब्राह्मण और ठाकुर ...
- दूसरे पर होने वाले अत्याचार का प्रतिरोध हम न करेंगे तो कोई हमारी सहायता के लिए क्यों आयेगा?...? यह सोचकर व्यक्तिगत सुरक्षा की इस चपेट में अपने को भी चोट लगे, आर्थिक तथा दूसरे प्रकार की क्षति उठानी...
- दूसरे पर होने वाले अत्याचार का प्रतिरोध हम न करेंगे तो हमारी सहायता के लिए क्यों आएगा?...? यह सोचकर व्यक्तिगत सुरक्षा की इस चपेट में अपने को भी चोट लगे, आर्थिक तथा दूसरे प्रकार की क्षति उठानी...
- दूसरे भाई के पास जाते हैं, तो वह कहता है कि आप उस भाई के पास क्यों नहीं जाते, आप यहाँ ही बैठे रहते हैं?...? एक भाई चाहता है कि दूसरे के यहाँ चले जाएँ और दूसरा चाहता है कि तीसरे के यहाँ चले जाएँ। हमारे बारे मे...
- दूसरे लोग किसी कुपात्र को सहायता क्यों दें?...? जब उसे किसी ओर से समुचित सहयोग नहीं मिलता तो खिन्न और क्रुद्ध हो कर दूसरों पर दोषारोपण करता है और लड...
- दूसरे लोग जब गड़बड़ा जाते हैं तो डाकू या उठाईगीर बन जाते हैं और क्या करेंगे?...? गुण्डे की सामर्थ्य बस सामान उठाने, मारपीट करने, हत्या करने तक की है किन्तु जब ब्राह्मण बागी हो जाता ...
- दूसरे लोगों का कहना क्यों नहीं माना?...? इसका एक ही जवाब हो सकता है कि मनुष्य का चरित्र वाणी में से बोलता है। आँखों में से बोलता है, आचरण में...
- दूसरे विश्व में कहाँ गया?...? लेकिन यह वर्ग जो मुझे सौंपा गया था, जो क्षेत्र मुझे सौंपा गया था वे सीमित क्षेत्र हैं, क्योंकि शक्ति...
- दूसरे शौक-मौज करने के लिए क्या यही वक्त रह गया है?...? यह नींव, नींव डालने का यह वक्त है। जीवन की फाउण्डेशन मजबूत करने का यह वक्त है—विद्यार्थी जीवन। विद्य...
- दूसरे से कहा कि आप दिखाइये?...? हमारे पास तो कुछ भी नहीं है। कम्बल है चलिए रखिये। तुम्हारे पास क्या है? उसके पास भी चार रुपये थे...
- दूसरों का सहयोग नहीं मिला, तो न सही, दूसरे आदमी अच्छे नहीं है तो न सही, आप अच्छे बन जाइये ना?...? आप अपना दृष्टिकोण ठीक कर लीजिए ना? आप अपना रवैया ठीक कर लीजिए ना? आप अपने पैरों पर खड़े हो जाइए ना? फ...
- दूसरों की अनुमति, प्रेरणा, प्रोत्साहन या बढ़ावा दिलाने की क्यों प्रतीक्षा करते हैं?...? प्रसन्न और सफल हम तभी हो सकते हैं, जब इन्हें उपेक्षित छोड़कर इनकी आलोचना या उत्साह की परवाह न करते ह...
- दूसरों की आँखों में चकाचौंध पैदा करके आप किस तरीके से बड़े बन पाएँगे?...? बड़ा बनना तो अपने व्यक्तित्व की कीमत और व्यक्तित्व के मूल्य बढ़ा देने के ऊपर निर्भर है। आँखों में चमक ...
- दूसरों की लड़कियों को देख करके हमने भी इसी तरह के भाव रखे होते, तो शिवाजी के तरीके से हम भी क्या से क्या हो गये होते?...? गान्धारी की आँखों का तेज
मित्रो! शिवाजी के तरीके से ही अगर आपके भाव रहे होते, तो मैं आपको यकीन दि...
- दूसरों की सहायता करने के लिए मैं आपसे कब मना करता हूँ?...? लेकिन मैं यह कहता हूँ कि आप ऐसा मत कीजिए कि आपकी सद्भावना और उदारता का लोग अनुचित लाभ उठा जाएँ और आप...
- दूसरों की सेवा करने के लिए मैं आपसे कब मना करता हूँ?...? दूसरों की सहायता करने के लिए मैं आपसे कब मना करता हूँ? लेकिन मैं यह कहता हूँ कि आप ऐसा मत कीजिए कि आ...
- दूसरों के दुःखों को देखकर यह सोचते हैं कि इसके लिए हम क्या करें?...? उस समय मैं रो पड़ता हूँ तथा उसे सहायता किये बिना मेरा मन नहीं मानता है। यह क्रम चलेगा ही। परन्तु एक...
- दूसरों के दुःखों को देखकर यह सोचते हैं कि इसके लिए हम क्या करें?...? उस समय मैं रो पड़ता हूँ तथा उसे सहायता किये बिना मेरा मन नहीं मानता है। यह क्रम चलेगा ही। परन्तु एक क...
- दूसरों के प्रति द्वेष?...? द्वेष करेंगे तो भी आप ही जल जायेंगे। ईर्ष्या? ईर्ष्या से भी आप जल जायेंगे। प्रतिशोध? प्रतिशोध से भी ...
- दूसरों के लिए वे क्या साबित हुए, आप बताइए ना?...? जेलखाने में पड़े हुए लोगों को आपने देखा है ना? वे एक से बढ़कर एक होशियार आदमी हैं और एक-से-एक समझदार आ...
- दूसरों के सहारे, पराश्रित रहकर कदाचित् ही किसी ने गौरव भरा जीवन जिया हो?...? उत्तराधिकार में भी किसी को वैभव मिल तो सकता है, पर हराम का माल हजम नहीं होता। जिसने परिश्रमपूर्वक कम...
- दूसरों के साथ उसने शराफत और भलमनसाहत का व्यवहार किया कि नहीं किया?...? आदमी की इज्जत का प्वाइंट यही है और इज्जत की बात यही है, भगवान के सामने अपनी इज्जत साबित करने का प्...
- दूसरों को कष्ट नहीं देंगे, तो हमको चैन कैसे पड़ेगा?...? इसलिए आपको कष्ट देकर, आपको बिलखते देखकर, आपको तरसते देख करके हमको खुशी होती है। बेटे, हमारे भीतर का ...
- दूसरों को क्यों नहीं दीं?...? भगवान के पाँच बेटे हैं, तो सबको बराबर मिलना चाहिए था। पक्षपात क्यों? मनुष्य को ज्यादा क्यों? गधे को ...
- दूसरों को सुधारना कठिन हो सकता है, पर अपने को क्यों नहीं सुधारा जा सकेगा?...? विचारों की पूँजी का अभाव ही सारी मानसिक कठिनाइयों का कारण है। विवेक का अन्तःकरण में प्रादुर्भाव होते ...
- दूसरों को हमको क्या सिखाना है?...? उनको जो भी बात सिखानी है, उसे पहले स्वयं के जीवन में सीखना होगा। हमको दूसरों को रामायण की कहानी क्...
- दूसरों को हमारी सेवा की जरूरत है तो हम क्या कर सकते हैं?...? हमारा पैसा, जो अय्याशी में खरच होता चला जा रहा है, जो संग्रह में खरच होता चला जा रहा है, जो निठल्लों...
- दूसरों पर अन्याय और अत्याचार कैसे कर सकेगा?...? किसी की बेईमानी करने, किसी को तिरस्कृत, लांछित और जलील करने की बात कैसे सोचेगा?...
- दूसरों से सहानुभूति रखने वाले भी दुनिया में कहीं रहते हैं क्या?...? हम यह देखने आए थे कि सन्त का लिबास पहने ढेरों आदमी घूमते थे, लेकिन वह आदमी जो करुणा से ओत-प्रोत हो, द...
- दृढ़निश्चयी की सहायता करने वाले कम हैं क्या?...? नारद जी आ गए और उन्होंने उसकी सहायता की। नारद जी बाकी बच्चों, ध्रुव के भाई-बहिनों के पास क्यों नहीं ...
- दृश्य रूप में हम भले ही सबके समक्ष रहे हों, हमारा अन्तःकरण जानता है कि यह सब कराने वाली सत्ता कौन है?...? फिर इसमें हमारा सुझाव कैसा, सलाह कैसी। परिस्थितियों के सन्दर्भ में आपका जो भी निर्देश होगा, वह करेंग...
- दृष्टिकोण क्या होना चाहिए?...? समाज के साथ में अपनी डीलिंग करने के लिए लोक-व्यवहार के लिए समाज की कुरीतियों का समाधान करने के लिए...
- दृष्टिकोण क्या होनी चाहिए?...? समाज के साथ में अपनी डीलिंग करने के लिए, लोकव्यवहार के लिए, समाज की कुरीतियों का समाधान करने के लिए ...
- दृष्टिकोण बढ़ जाए तब?...? तब फिर मजा आ जाए और अगर हमारा कलेजा-हृदय छोटा होता हुआ चला जाए, तब फिर हमारा दिमाग सफाया करेगा और हम...
- दृष्टिकोण बढ़ जाए तब?...? तब फिर मजा आ जाए और अगर हमारा कलेजा-हृदय छोटा होता हुआ चला जाए तब फिर हमारा दिमाग सफाया करेगा और हमम...
- दृष्टिकोण में जमीन-आसमान का फर्क पड़ जाता है, उस दिन जिस दिन आदमी को ये मालूम पड़ती है कि मैं कौन हूँ?...? जिस दिन मुझे गायत्री का पहला चरण इस रूप में सिखाया गया है कि तू भगवान है—भगवान का बच्चा है, तो मैंने...
- दृढ़ निश्चयी की सहायता करने वाले कम हैं क्या?...? नारद जी आ गए और उनने उसकी सहायता की। नारद जी बाकी बच्चों-ध्रुव के भाई बहनों के पास क्यों नहीं गए? उन...
- दे देंगे, लेकिन इसे रखेगा किसमें?...? महाराज जी ! कुरते में ले लूँगा। ठीक है, कुरते में ले-ले घी, लेकिन इससे तेरा कुरता भी खराब हो जाएगा, ...
- दे नहीं सकते?...? आप मीठे वचन नहीं बोल सकते? आप दूसरों को प्रोत्साहन नहीं दे सकते? आप क्या अच्छे परामर्श देने की स्थित...
- दे सकेंगे आप?...? यदि दे सकें तो विश्वास करें, स्थिति कितनी ही जटिल क्यों न हो? अँधेरा कितना ही सघन क्यों न हो? आत्मा ...
- देख के नहीं उतरा जाता क्या?...? समय देखकर ही उतरा-चढ़ा करो बेटा।’’
मुझे लगा मैंने पत्र तो डाला नहीं पर पूज्यवर को कैसे मालूम? मुझे ...
- देख ले ये किसका कमाल है?...? दर्जी का कमाल। है अभी कैसा था कपड़ा? मैला-कुचैला उलटी-सीधी सलवटें पड़ी हुईं थी। नील लग करके आ गई। टिनो...
- देख ले ये किसका कमाल है?...? दर्जी का कमाल है। अभी कैसा था कपड़ा? मैला-कुचला। उल्टा-सीधा सीम बँटी हुई थी। नील लग करके आ गई। टिनोपा...
- देख हमारी टाँगें बराबर हैं और टाँगें आगे-पीछे होती तो?...? शायद हम गिर पड़ते। साइकिल के पहिये तो आगे पीछे हैं बेटे! गिरेगा जरूर। लेकिन अगर यह सोच लेगा कि सैकड़ो...
- देख, अपने सीने पर हाथ रखकर, देख-कौन बोल रहा है?...? इसके भीतर एक शंकर भगवान का डमरू बजता है। डम-डम, लप-डप, लप-डप। ये कौन बोल रहा है? ये शंकर भगवान बोल र...
- देख, हमारी टाँगें बराबर हैं और टाँगें आगे-पीछे होती तो?...? शायद हम गिर पड़ते। साइकिल के पहिये तो आगे-पीछे हैं, बेटे! गिरेगा जरूर। लेकिन अगर यह सोच लेगा कि सैकड...
- देखती हूँ, कैसे नुक्सान करता है?...? ’’ और वास्तव में उन्हें कुछ नहीं हुआ।
प्राण प्रत्यावर्तन शिविर में आखिरी दिन सबको पूड़ी-कचौड़ी खिलाती...
- देखते नहीं गुण्डागर्दी कैसे बढ़ती चली जाती है, दूसरे अपराध कैसे बढ़ते चले जाते हैं?...? इस तरह के राहत कार्यों में आपकी हर जगह जरूरत है। आपको निर्माण कार्यों के लिए एक नहीं लाखों कार्य करन...
- देखते नहीं गुण्डागर्दी कैसे बढ़ती चली जाती है, दूसरे अपराध कैसे बढ़ते चले जाते हैं?...? इस तरह के राहत-कार्यों में आपकी हर जगह जरूरत है। आपको निर्माण-कार्यों के लिए एक नहीं लाखों कार्य करन...
- देखते समय चैनल के बारे में छोटों/बड़ों के साथ आपका मतभेद होने पर?...?
उत्तर- बड़ों का सम्मान रखते हुए/छोटों से स्नेह करते हुए हम त्याग करेंगे। विचार करेंगे कि टी.वी. भूत ...
- देखते ही गुरुजी ने कहा, ‘‘रिजर्वेशन मिल गया?...? और बुखार भी उतर गया न?’’ मैंने गुरुजी से पूछा, ‘‘गुरुजी आप कहाँ पर थे?’’ पर फिर तुरन्त ही मन में सोचा...
- देखना इतना भर है कि इस परिवर्तन काल में युग शिल्पी की भूमिका संपादन करने के लिए श्रेय कौन पाता है?...? किसके कदम समय रहते श्रेय पथ पर आगे बढ़ते हैं। — अखण्ड ज्योति, सितम्बर १९८८, पृष्ठ ६११३. पुनर्गठन का ...
- देखना इतना भर है कि साधना किसकी की जाय?...? अन्यान्य इष्टदेवों के बारे में कहा नहीं जा सकता कि उनका निर्धारित स्वरूप और स्वभाव वैसा है या नहीं, ...
- देखना किससे होता है?...? आँखों से होता है। आँखों से आप दिखा दीजिए? क्या दिखा दें? आँखों से गुरुजी को दिखा दीजिए। ले देख ले हम...
- देखना क्या बात है?...? आपको तो ९९.५ डिग्री सेल्सियस बुखार है, टेम्परेचर है। इसको आप दवाई देकर ठीक कर सकते हैं। लेकिन दू...
- देखना चाहिए कि इन चारों में कहीं कोई व्यतिक्रम तो नहीं हो रहा है?...? जीभ स्वाद के नाम पर अभक्ष्य भक्षण तो नहीं करने लगी? वाणी से असंस्कृत वार्तालाप तो नहीं होता? कामुकता...
- देखना यह भी होगा कि इनके पीछे कितनों की कल्पना ने योजना बनाकर प्रत्यक्ष ढाँचा खड़ा करने में कितनी कुशलता और एकाग्रता खपाई है?...? यही सार संक्षेप में मनुष्य का वर्चस्व है जो जहाँ भी चमकता है, वहाँ आकाश की बिजली की तरह कड़कता और अप...
- देखना है कि लोक-मंगल के लिए समयदान की प्राचीन परम्परा को किसी प्रकार पुनर्जीवित कर सकना क्या सम्भव हो सकता है?...? उज्ज्वल भविष्य की संरचना में प्रमुख भूमिका निभा सकने में समर्थ इस महान प्रचलन को अपनाने के लिए, विचा...
- देखना है कि हमारी भुजा, आँख, मस्तिष्क बनने के लिए तुम कितना अपने अहं को गला पाते हो?...? इसके लिए निरहंकारी बनो। स्वाभिमानी तो होना चाहिए, पर निरहंकारी बनकर। निरहंकारी का प्रथम चिह्न है व...
- देखना है कि हमारी भुजा, आँख, मस्तिष्क बनने के लिए तुम कितना अपने अहं को गला पाते हो?...? इसके लिए निरहंकारी बनो। स्वाभिमानी तो होना चाहिए, पर निरहंकारी बनकर। निरहंकारी का प्रथम चिह्न है वाण...
- देखने की दृष्टि कहाँ है?...? दर्शन के लिए दृष्टि चाहिए। दिव्य-दृष्टि दी थी श्रीकृष्ण भगवान ने अर्जुन को। अर्जुन कहता था हमको भगवा...
- देखने में और दर्शन में क्या फर्क होता है?...? बेटे, दर्शन में और देखने में जमीन-आसमान का फर्क होता है। देखना किससे होता है? आँखों से होता है। आँखो...
- देखने में कितना अच्छा लगता है?...? और जहरीला होता है, तो काट खाता है।अगर आपने नारी के बारे में विकृत विचार बना रखे हैं, तो नारी आपको का...
- देखने में तो कोई खास बात नहीं है, आपको अमुक काम करने से नमक का क्या ताल्लुक?...? और आप शक्कर नहीं खायेंगे, तो क्या बात बन जायेगी। अगर आपने घी खाना बन्द कर दिया, तो कौन सी बड़ी बात ह...
- देखा जाना है—स्वार्थ के मुकाबले में परमार्थ सुहाता किसे है?...? ध्वंस करने वाले जिस प्रकार मूँछों पर ताव देेते हैं और शेखी बघारते हैं, वैसा सृजनकर्मियों को नहीं सुह...
- देखा था न कितनी भीड़ थी?...? मथुरा से लेकर वृन्दावन तक सारी भीड़-ही-भीड़ दिखाई पड़ती थी। कितने टेण्ट लगे हुए थे और कितनी व्यवस्था...
- देखा है आपने?...? हिन्दुओं को कभी आपने इकट्ठे होते हुए देखा है? तुम कौन हो? हम तो रामानंदी हैं। रामचन्द्रजी का मन्दिर त...
- देखा है न आपने कि सारे संसार में कितनी इज्जत उनकी?...? सिक्ख धर्म में उन्हें भगवान मानते हैं। वे महान् बन गये, पर अगर बाप की मर्जी पर चले होते तो पुराने ढर...
- देखिए अब तमाशा दिखाते हैं कि इसमें क्या-क्या होता है?...? कच्चा लोहा लिया और तुरन्त लेने के बाद उसको भट्ठी में डाल दिया, गरम किया, पकाया। पकाने के बाद में मिट्...
- देखिए आपके पास कैसे सब चमत्कार आते हैं?...? मैं आपसे यही कहने वाला था कि आप अपनी वाणी को संशोधित कर लीजिए, फिर आप अपनी जुबान से कहिए कि तेरा भला...
- देखिए तो सही, चेला किसे कहते हैं?...? हाँ बेटे! दिखा, क्या दिखाएगा? बस, सावन भर शंकर भगवान के ऊपर पानी टपकता रहा और पानी टपकने के बाद उनको...
- देखिए पहले ब्राह्मणी ने कहा—मुझे युवती बना दो और वह बन गई, तो ब्राह्मण जो बूढ़ा था वह कुड़कुड़ाया और उसने कहा—अच्छा बुढ़ापे में उस पर जवानी सवार हुई है, अच्छा देखा जाएगा, शंकर जी बोले कि भाई आपको क्या हो गया?...? आप भी माँग लीजिए वरदान। उनने कहा कि लाइए इसे सुअरिया बना दो, अब गों-गों करती हुई फिर रही थी, बच्चा र...
- देखिए फिर मिलता है कि नहीं मिलता?...? एक बच्चा जब अपने बाप से रुपये माँगता है कि पिताजी पाँच रुपये दे दीजिए। बाप कहता है क्यों? किसलिए? बच...
- देखिए फिर मिलता है कि नहीं मिलता?...? एक बच्चा जब अपने बाप से रुपए माँगता है कि पिताजी पाँच रुपए दे दीजिए। बाप कहता है क्यों? किसलिए? बच्च...
- देखिए साहब, क्या बात है?...? आप सिनेमा भी देखते हैं, सिगरेट भी पीते हैं, दिन में छह कप चाय भी पी जाते हैं। आप कौन हैं? आप रिक्शे ...
- देखिए साहब, क्या बात है?...? आप सिनेमा भी देखते हैं, सिगरेट भी पीते हैं, दिन में छह कप चाय भी पी जाते हैं। आप कौन हैं? आप रिक्शे ...
- देखिए, आपका भविष्य कैसे शानदार बनता है?...? कायाकल्प से हमारा उद्देश्य यही था। और आपको कायाकल्प से उद्देश्य यही समझना चाहिए। उसकी तैयारी कीजिए ज...
- देखिए, हमने ऐसा किया था और अब आप क्यों नहीं देते?...? मजदूर हमसे लड़ने के लिए खड़ा हो जाता है और कहता है कि देखिए साहब! हम आपके यहाँ चार दिन से काम कर रहे...
- देखिये तो सही, यह बच्चा किसका है?...? उन्होंने कहा—यह बच्चा किसका है? किसान ने कहा—यह हमारा ही बच्चा है। उन्होंने कहा—यह कैसे पैदा हो गया?...
- देखिये, क्या कोई अठारह पुराणों का भाष्य कर सकता है?...? नहीं, कोई नहीं कर सकता। मित्रो! पुराणों को लिखने में दो आदमी सम्मिलित थे—व्यास जी और गणेश जी। इन्ह...
- देखिये, जब हवाईजहाज में बैठकर सफर करते हैं, तो वह चीजें, जिन्हें पाने के लिए आप व्याकुल हो रहे होते हैं, जिनके लिए आप मरे जा रहे होते हैं, कि बिल्कुल वाहियात चीजें हैं, नाचीज चीजें हैं, इनमें रखा क्या है और जो चीजें अब आपको ऐसी मालूम पड़ती हैं, जिनको आप भूल गए हैं और जान नहीं पाते हैं, वह आपको दिखाई पड़ती हैं, उस हिस्से में कब?...? जब आपको राम के नाम की मस्ती आती है और राम के नाम का नशा आता है तब। राम के नाम का नशा कभी आया है? नही...
- देखूँ तो सही कि स्वामी जी का अनशन आजकल कैसा चल रहा है?...? हमने उन्हें खाते हुए तो नहीं देखा, पर टट्टी जाते हुए देखा है, एक व्यक्ति ने बताया। इस पर उन्होंने कह...
- देखे कि उसके लिए गूलर का भुनगा, कुएँ का मेढ़क बनकर संकीर्णता की चहारदीवारी में बैठा रहना ही पर्याप्त है या इससे आगे की भी कुछ बात हो सकती है?...? विचार की आवश्यकता ही न समझी जाय तो बात दूसरी है, अन्यथा गहराई में उतरने पर हर सीढ़ी एक भाव भरी प्रे...
- देखें तो सही कि इसमें ऐसा क्या है?...? यह ऐसा क्यों कर रहा है?
मित्रो! नारद जी भगवान विष्णु के साथ उस भक्त के पास गए और पूछा—क्या बात ह...
- देखें तो सही, हमारे अस्पताल में क्या-क्या तरक्की हुई है?...? देखें-हमारे अस्पताल में लोगों को क्या-क्या फायदे हुए हैं? डॉक्टरों से पूछताछ की-जरा रिकार्ड तो दिख...
- देखें परिस्थितियाँ क्या होती हैं?...? हमारे सामने कोई परिस्थितियाँ नहीं होतीं। परिस्थितियों का जो गुलाम हो जाता है, वह समय से पहले मर जाता...
- देखें फिर क्या मजा आता है?...? देखिए आपके पास कैसे सब चमत्कार आते हैं? मैं आपसे यही कहने वाला था कि आप अपनी वाणी को संशोधित कर लीजि...
- देखें-हमारे अस्पताल में लोगों को क्या-क्या फायदे हुए हैं?...? डॉक्टरों से पूछताछ की-जरा रिकार्ड तो दिखाओ। यहाँ कितने आपरेशन हुए? साहब! कोई आपरेशन नहीं हुआ। अच्छ...
- देखो, भड़भूजा भाड़ में जिस तरह से चने डालता है और वे भड़-भड़ करते हैं न?...? हाँ साहब! करते हैं। बस तू समझ ले कि ‘भर्ग’ का अर्थ उससे मिलता-जुलता है। यों तो ‘भर्ग’ के कई अर्थ होत...
- देखो—चाकू गरम कर लिया?...? हाँ। एण्टीसेप्टिक तैयार कर लिया? हाँ। चीरा लगाने से पहले एनस्थीसिया लगा दिया? क्यों? क्योंकि इसको पी...
- देते रहते हैं - क्या मतलब?...? देते रहने का मतलब ये है कि अगर उनके पास कोई चीज है, तो लोगों को बाँटते रहते हैं, और लोगों की मुसीबतो...
- देते हैं और दे रहे हैं, लेकिन क्या यह बताएगा कि क्यों देते हैं?...? नहीं महाराज जी! आपको क्या मतलब है?
नहीं बेटे, हमको मतलब है। हम तेरी औकात, तेरा व्यक्तित्व, तेरी ...
- देना किसे कहते हैं, यह जाना है कभी?...? अरे कृपणो! देने से आदमी देवता हो जाता है। हर आदमी को भगवान यही सिखाता है कि सेवा की शरण में जाइए, मद...
- देना किसे कहते हैं, यह जाना है कभी?...? अरे कृपणों ! देने से आदमी देवता हो जाता है। हर आदमी को भगवान यही सिखाता है कि सेवा की शरण में जाइए म...
- देना क्या है?...? आप चले जाइए। जैसे अपने पाँव से आए थे, उसी पाँव से चले जाइए। अरे भाई! हम तो इसीलिए आए थे कि आपके यहाँ...
- देना क्या है?...? गुरुजी से माँगें ही माँगेंगे या गुरुजी को कुछ चाहिए भी। क्यों साहब? गुरुजी के लिए क्या चाहिए? रुपया-...
- देना क्या है?...? गुरुजी से माँगें ही माँगे या गुरुजी को कुछ चाहिए भी, क्यों साहब? गुरुजी के लिए क्या चाहिए? रुपया-पैस...
- देने के लिए आपके पास क्या चीज नहीं है?...? मैंने आपको बताया था कि आपके पास आपका शरीर तो है। आपके पास पैसा नहीं है, अकल नहीं है, चलिए कोई ह...
- देने के लिए कुछ कम है क्या?...? आप अपना पसीना दे दीजिए, अपनी मेहनत दे दीजिए। आप लोगों के लिए सहानुभूति दे दीजिए। देने के लिए आपके पा...
- देने के लिए कुछ कम है क्या?...? आप अपना पसीना दे दीजिए, अपनी मेहनत दे दीजिए। आप लोगों के लिए सहानुभूति दे दीजिए। देने के लिए आपके पा...
- देने के लिये कुछ कम है क्या?...? आप मेहनत दे दीजिए, आप लोगों के लिये सहानुभूति दे दीजिए। देने के लिये कुछ भी कम नहीं है। आपके पास देन...
- देने के लिये?...? हाँ, देने लायक जो है वो दूँगा, साहस दूँगा, धैर्य दूँगा।’’ वास्तव में मैंने देखा, मेरे पास हिम्मत बहु...
- देने वाला तो हमें इतना देता है पर हम क्या करें?...? गाने की एक कड़ी याद आ रही है—
बहुत दिया देने वाले ने मुझे, आँचल ही में न समाए तो क्या।
देने ...
- देने वाले सन्त के लिए मैं यह पूछता हूँ कि आप में से कौन देगा?...? जब हम नहीं रहेंगे। सब माँगते ही चले जाएँगे, तो देने का जिम्मा कौन लेगा? फिर भगवान के प्रति, अध्यात्म...
- देने वालों की कमी है क्या?...? नहीं, देने वालों की कमी नहीं है। सन्तों की कमी है? नहीं, कोई कमी नहीं है। अनुदान देने वाले, सहायता कर...
- देव किसे कहते हैं?...? शराफत को कहते हैं, भलमनसाहत को कहते हैं। देवता कहाँ रहते हैं? आसमान में रहते हैं। नहीं देवता एक सभ्य...
- देव कैसे होते हैं?...? आपको हम अभी बता सकते हैं कि हिन्दू धर्म में दैत्यों की शक्ल क्या है? हिन्दू धर्म क्या है? अलंकारों क...
- देव क्यों हारे?...? देवों के हारने की एक वजह है, दूसरी कोई वजह नहीं है। देव जब कभी हारेंगे तथा हम और आपकी जब कभी भी पिटा...
- देव प्रदत्त सत, रज, तम से युक्त यह देववृक्ष हमारा मस्तिष्क रूपी आतिशी शीशा इतनी शक्तियों को प्रवाहित करता है कि मैं आपसे क्या कहूँ?...? हमारा मस्तिष्क सारी शक्तियों, सारी विद्याओं का भाण्डागार है, स्रोत है। इसका एक हिस्सा डार्क एरिय...
- देव या देवता किसे कहते हैं?...? जो दिया करते हैं, जिनके मन में एक ही बात आती है कि हमें खर्च करना है। बेटे, भगवान ने आपको जो दिया ...
- देव संस्कृति का उदय कैसे हुआ?...? वास्तव में अयोध्या में लंका के विरुद्ध मोर्चाबन्दी शुरू हो गई थी। कैसे हुई थी? बेटे! वे परम्पराएँ आरम्भ...
- देव-दक्षिणा हर घर के यज्ञ में भी होनी चाहिए और क्या-क्या होना चाहिए?...? कुछ खास बातें हैं जो जरूर करनी चाहिए। प्रथम तो यह कि प्रातःकाल सुर्योदय के समय पर भगवान का स्मरण करन...
- देव-पूजन किसे कहते हैं?...? बेटे, इस बारे में तो हम बताते रहते हैं कि गायत्री माता का एक फोटो रख लेना। हाँ, वह तो मैंने रख लिया ...
- देवता अपनी सुगन्धि से वातावरण को न जाने क्या से क्या बना सकते हैं?...? वह दूसरा दर्जा आप पा सकते हैं इसी जिन्दगी में।आपने तो न जाने क्या-क्या कल्पनाएँ कर रखी हैं कि मरेंगे...
- देवता अपने आप देंगे?...? नहीं। अपने आप कौन दे देगा? आप अपने पैसे किसी को दे देंगे क्या? नहीं। बैंक वाला स्वयं किसी को रुपया द...
- देवता उठा सकते हैं?...? नहीं बेटे, देवता नहीं उठा सकते। कोई किसी तरह नहीं गिरा सकता। आप ही अपने आपको गिराते हैं और आप ही उठा...
- देवता उनकी सहायता करेंगे?...? नहीं करेंगे। किनकी? जो देवता को अनैतिक बनाता है, जो देवता को अन्धेरगर्दी का माध्यम बनाता है। नीति और ...
- देवता ऐसे होते हैं, जो फालतू में यह तलाश कर रहे होते हैं कि हमारा पाठ कौन कर रहा है?...? जो कोई पाठ कर रहा होता है? उसे डायरी में नोट करते रहते हैं। आपने कितना पाठ किया लाला गुलाब चंद्र जी?...
- देवता और मनुष्य में क्या फरक होता है?...? देवता खाते तो रहते हैं, पर पखाना नहीं करते। हनुमान जी को चाहे जितना खाना खिला दो-रोटी खिला दो और दूस...
- देवता और मनुष्य में क्या फर्क होता है?...? देवता खाते तो रहते हैं, पर पखाना नहीं करते। हनुमान जी को चाहे जितना खाना खिला दो, रोटी खिला दो और दू...
- देवता कभी तो बुड्ढे होते होंगे?...? नहीं बेटे! देवता कभी बुड्ढे नहीं होते। हमेशा जवान रहते हैं तो साहब जब प्रत्येक व्यक्ति की मृत्यु होत...
- देवता कभी देखे हैं आपने?...? नहीं साहब, देवता हमने नहीं देखे। सपने में देखे हैं, अच्छा आइए हम आपको देवता दिखा सकते हैं। दिखाइए? अ...
- देवता कहना गलत है?...? देवता कहना सही है। देवता कहने में कोई गलती की बात नहीं है और देवता कहने में कोई हर्ज की बात नहीं है।...
- देवता कहाँ रहते हैं?...? हमें नहीं मालूम। हम एक बार कैलाश पर्वत पर थे तो मरते-मरते बचे थे। देवता कहाँ रहते? पीपल के पेड़ पर र...
- देवता कहाँ रहते हैं?...? स्वर्ग में। इस मशीन में जिससे हम बोल रहे हैं, दो तार हैं। एक को ठंडा तार—निगेटिव कहते हैं और दूसरे क...
- देवता कहाँ रहते हैं?...? आसमान में रहते हैं। नहीं देवता एक सभ्यता का नाम है, संस्कृति का नाम है। इसी तरह दैत्य सभ्यता का नाम ...
- देवता कहाँ रहते?...? पीपल के पेड़ पर रहते होंगे। अच्छा तो चलिए दिखाइए। नहीं साहब, वहाँ तो देवी रहती है। कहाँ रहती हैं? मह...
- देवता कहाँ से आ जाएगा?...? मंत्र कहाँ से आएगा। श्रद्धा के बिना पूजा-पाठ एवं सारे कर्मकाण्ड प्राणहीन,खोखले जीवन की तरह हैं। इससे...
- देवता कहाँ से आते हैं?...? सूरज की धूप कहाँ से आती है। सूरज की धूप का दाम निकालिए। हमारे यहाँ लाइट जलती है। सौ वाट का बल्व जलता...
- देवता कहाँ से आते हैं?...? सूरज की धूप कहाँ से आती है? सूरज की धूप का दाम निकालिए। हमारे यहाँ लाइट जलती है। सौ वाट का बल्ब जलता...
- देवता कहाँ से उछलते हैं?...? मनुष्य के व्यक्तित्व में से उछलते हैं। जिन पाँच पाण्डवों का जिक्र किया गया है कि कुंती ने पा...
- देवता का दर्शन करा देंगे क्या?...? ऋषि ने कहा- बच्चो! कहीं छिप करके बैठ जाओ, शायद तुम्हें कोई मिल जाये। शबरी रात को झाड़ू लगा रही थी...
- देवता का बैरी होता है?...? नहीं बेटे! देवता का कोई बैरी नहीं होता। क्यों साहब! उससे तो आप की लड़ाई है और वह तो आपसे बैर करता है...
- देवता का बैरी होता है?...? नहीं बेटे! देवता का कोई बैरी नहीं होता। क्यों साहब! उससे तो आप की लड़ाई है और वह तो आपसे वैर करता है।...
- देवता किस मायने में आएँगे?...? श्रेष्ठ विचारों के रूप में, ऊँचे ख्यालों के रूप में आएँगे।मित्रो! देवता कोई मनुष्य नहीं हैं, जो भाग ...
- देवता किसी के पेट में आ सकते हैं?...? नहीं बेटे! देवता हर किसी के पेट में नहीं आ सकते। किसी खास किस्म के आदमी के पेट में ही आते हैं। उ...
- देवता किसे कहते हैं?...? जो दिया करता है। देने वाले का नाम सेवाभावी। देने वाले का नाम सेवाभावी। सेवाभावी आप बन जाइये, देने वा...
- देवता किसे कहते हैं?...? जो दिया करते हैं। देने वाले का नाम—सेवाभावी। तो आप देने वाले बन जाइये। आप देने वाले बन गए, तो आपका स...
- देवता की तरीके से क्यों नहीं जीएँ?...? देवता की तरीके से जीएँ आप।
आपका पुराना ढर्रा बेहूदगियों से भरा हुआ है। आप ऐसा करें यहाँ से जाने के...
- देवता की परख क्या है?...? या देवता आप पर अनुग्रह करते हैं या नहीं करते? अनुग्रह की एक ही जान-पहचान है। पण्डित नेहरू जिन दिनों क...
- देवता की शर्त क्या होती है?...? देवता के दो हिस्से हैं—एक मनस्वी और दूसरा तपस्वी। मनस्वी पूर्वार्द्ध है और तपस्वी उत्तरार्द्ध। मनस्व...
- देवता के अनुग्रह की जान-पहचान क्या है?...? देवता की परख क्या है? या देवता आप पर अनुग्रह करते हैं या नहीं करते? अनुग्रह की एक ही जान-पहचान है। प...
- देवता के नाम पर हम एक अलंकारिक प्रतिमा बना करके रखते हैं और यह देखते हैं कि हमें क्या बनना चाहिए?...? आप कभी ताजमहल देखने गए हों और आपने वहाँ का म्यूजियम देखा हो, तो शाहजहाँ ने ताजमहल बनाने से पहले न के...
- देवता के माध्यम से आप यह देखिए कि जीवन को परिष्कृत करने का ढंग क्या है?...? गायत्री माता क्या है? एक किताब है। गायत्री माता क्या है? गायत्री माता भगवान का एक टेपरिकार्डर है। ये...
- देवता के मार्ग पर चलना किसे कहते हैं?...? इसके लिए ही मैं आपसे निवेदन कर रहा था कि संस्कृति की सीता को वापस लाने के लिए रामचंद्र जी ने अवतार ल...
- देवता कैसा होता है?...? देवता का दृष्टिकोण दिव्य हो जाता है। सामान्य मनुष्यों का दृष्टिकोण बड़ा घटिया, बड़ा ओछा, बड़ा छोटा, ब...
- देवता कैसे पैदा किया?...? बेटे, देव परम्पराएँ पैदा कीं। देव परम्पराओं का नाम है, देवता। छोटे-से कुटुम्ब ने लोगों के सामने नमूने प...
- देवता कैसे पैदा किया?...? बेटे, देव परम्पराएँ पैदा की। देव परम्पराओं का काम है, देवता। छोटे से कुटुम्ब ने लोगों के सामने नमूने प्...
- देवता कैसे हैं?...? कुछ मालूम नहीं है। उनका कुछ पता नहीं है। उनका पता नहीं चलता। हिंदुओं के पास तो देवता अनेकों हो सकते ...
- देवता कैसे होते हैं?...? देवता बेटे ! गोरे रंग के होते हैं। साहब ! यूरोप में सब गोरे रंग के रहते हैं, पंजाब में और सीमाप्रांत...
- देवता कैसे होते हैं?...? एक और उदाहरण देकर शायद और स्पष्ट कर दूँ।
कौन हैं देवता?
एक बार ब्रह्मा जी के पास देवता और दान...
- देवता कैसे होते हैं?...? एक और उदाहरण देकर शायद और स्पष्ट कर दूँ।
एक बार ब्रह्मा जी के पास देवता और दानव दोनों ही गए। दो...
- देवता कैसे होते हैं?...? देवता बेटे! गोरे रंग के होते हैं। साहब! यूरोप में सब गोरे रंग के रहते हैं, पंजाब में और सीमाप्रांत म...
- देवता कैसे होते हैं?...? देवता ऐसे होते हैं जो आदमी के ईमान में घुसे रहते हैं और उसके भीतर से एक ऐसी हूक, एक ऐसी उमंग और एक ऐ...
- देवता कैसे होते हैं?...? देवता ऐसा होता है कि उसके सामने उसकी महत्त्वाकांक्षाएँ, इच्छाएँ, उसकी कामनाएँ, भावनाएँ, उमंगें जो उठ...
- देवता को पुकारते हैं, हे भगवान जी हमारी सहायता कीजिए, गणेश जी हमको बुद्धि दीजिए, लक्ष्मीजी हमको पैसा दीजिए, उनका स्वभाव है, क्या स्वभाव है?...? देते रहते हैं। देते रहते हैं - क्या मतलब? देते रहने का मतलब ये है कि अगर उनके पास कोई चीज है, तो लोग...
- देवता कोई अन्धे, अपाहिज, गूँगे, लूले या कोई भूखे-भिखारी थोड़े ही हैं, जो आप उन्हें सामान देंगे, मुर्गी, बकरा देंगे, नारियल देंगे, तो उससे ही उनका काम चलेगा?...? वस्तुतः देवताओं की दक्षिणा भावनाओं के साथ जुड़ी होती है। देवता भावनाओं को पसन्द करते हैं, बुराइयों क...
- देवता कोई मनुष्य बन सकता है?...? हाँ, देवता कोई आकृति नहीं है, देवता भी एक प्रकृति है। हम और आप जैसे मनुष्यों के बीच में बहुत से देवत...
- देवता कोई मनुष्य बन सकता है?...? हाँ, देवता कोई आकृति नहीं है, देवता भी एक प्रकृति है। हम और आप जैसे मनुष्यों के बीच में बहुत से देवत...
- देवता कोई माली हैं?...? हाँ साहब! देवताओं के यहाँ फूलों की दुकान होती है। देवताओं के यहाँ फूलों के बगीचे लगते हैं। बस, फूलों...
- देवता कौन सा होता है?...? बेटे, बादल समुद्र में से पानी ढो-ढो करके मुश्किल से लाते हैं। वे कितनी मुश्किल और कितना कष्ट उठाते ह...
- देवता कौन हैं?...? कबूतर। आप कौन हैं? बहेलिया। यही धन्धा है। चुप। बहेलिए का मछली मार धन्धा करता है कहता है हम भजन करते ...
- देवता कौन हो सकता है?...? देवता वह होता है, जो देता है, दूसरों को श्रेष्ठ बनाता है। देवता वह नहीं है, जो आप रंग-बिरंगे खिलौने ...
- देवता कौन होते हैं?...? देवता इनसान होते हैं। कैसे इनसान होते हैं? जैसे हमारे बुजुर्ग थे। यहाँ देवता निवास करते थे। देवता का...
- देवता कौन-कौन से हैं?...? देवता का नाम है—हमारे गुण, हमारी हिम्मत। अगर हमारे भीतर हिम्मत हो तो हमारे सामान्य शरीर कितने बड़े, ...
- देवता कौन-कौन से हैं?...? देवता का नाम है-हमारे गुण, हमारी हिम्मत। अगर हमारे भीतर हिम्मत हो तो हमारे सामान्य शरीर कितने बड़े, क...
- देवता कौन-सा होता है?...? बेटे, बादल समुद्र में से पानी ढो-ढो करके बड़ी मुश्किल से लाते हैं। वे कितनी मुश्किल और कितना कष्ट उठा...
- देवता क्या बहुत सारे हैं?...? देवता मित्रो! बहुत सारे हैं नहीं। वो बहुत देवता नहीं हो सकते और बहुत सारे देवी-देवता दुनिया में रहे ...
- देवता क्यों आये?...? चावल खाने, फूल खाने और घी खाने के लिए नहीं आये, वरन् घी, चावल और फूल के साथ में जुड़ी हुई आपकी जो भाव...
- देवता गिरा सकते हैं?...? शनिश्चर गिरा सकते हैं? नहीं बेटे, देवता या शनिश्चर नहीं गिरा सकते हैं? देवता उठा सकते हैं? नहीं बेटे...
- देवता चक्की नहीं, तो कौन है?...? जिसने बिना पारिश्रमिक माँगे अपना श्रम जारी रखा। हम उसकी पूजा न करें, तो किसकी पूजा करें। वह पत्थर ...
- देवता ट्रांसफर कराता है?...? हाँ साहब! देवता के हाथ में सब कुछ है। तो क्यों देवता जी आपके पास क्या ट्रांसफर कराने का कोई डिपार्टम...
- देवता तुझे क्या देंगे?...? नहीं साहब! हमको मालदार बना दीजिए। बेटे! मालदार बनना तेरी अकल के ऊपर है। देवताओं के पास मत जाना, नही...
- देवता दुनिया में किस काम के लिए आते रहे हैं?...? वे केवल एक काम के लिए आते हैं—श्रेष्ठ कामों के लिए सहायता करने के लिए। देवता श्रीकृष्ण भगवान के जमान...
- देवता दुनिया में किस काम के लिए आते रहे हैं?...? वे केवल एक काम के लिए आते हैं-श्रेष्ठ कामों के लिए सहायता करने के लिए। देवता श्रीकृष्ण भगवान के जमान...
- देवता देखे हैं न आपने?...? देवता के अन्दर यही गुण होता है। देवता को हम पुकारते हैं कि हे भगवान! हमारी सहायता कीजिए। गणेश जी! हमक...
- देवता न प्रसन्न होते हों क्या हर्ज है?...? वैकुण्ठ न मिलता हो तो क्या हर्ज की बात है? उन्होंने गंगाजल उतारा और गधे के मुँह में डाल दिया। गधे ने...
- देवता फूल बरसाते हैं?...? हाँ बेटे! लेकिन फूल बरसाने से मतलब है सहयोग करना, सहकार करना, प्रशंसा करना, समर्थन करना और सहायता दे...
- देवता फूल बरसाते हैं?...? हों बेटे! लेकिन फूल बरसाने से मतलब है सहयोग करना, सहकार करना, प्रशंसा करना, समर्थन करना और सहायता दे...
- देवता बहुत बिजी थे और घड़ी देख रहे थे कि यज्ञ में कितना टाइम लगेगा?...? पाँच दिन का समय लगना चाहिए। गुरुजी! हमको पाँच दिन की फुरसत नहीं है। ब्रह्मा जी आप चलो, विष्णु भगवान ...
- देवता यदि माँस लोलुप हैं, हत्या देखकर प्रसन्न होते हैं करुणा का परित्याग कर नृशंस आचरण करने की प्रेरणा करते हैं-तो उनमें और असुर में क्या अन्तर रहा?...? यदि ऐसा ही सच होता तो फिर देव और असुर की परख करना असम्भव ही हो जाता।मध्यकालीन मूढ़ता और बौद्धिक विकृत...
- देवता लोग क्या खाते हैं?...? अमृत खाते हैं। स्वर्गलोक में क्या रहता है? अमृत रहता है। हम आपको अमृतपान कराएँगे, जो आपने कभी नहीं क...
- देवता लोग क्या खाते हैं?...? अमृत खाते हैं। स्वर्गलोक में क्या रहता है? अमृत रहता है। हम आपको अमृतपान कराएँगे, जो आपने कभी नहीं क...
- देवता लोग-कौन थे?...? हिन्दुस्तान के नागरिक। क्या विशेषताएँ थीं इनकी? यही विशेषता थी कि नाक, आँख, कान तो हमारे-आपके तरीके ...
- देवता सहायता तो करना चाहते हैं, लेकिन सहायता करने से पहले यह तलाश करना चाहते हैं कि हमारा उपयोग कहाँ किया जाएगा?...? किस काम के लिए किया जाएगा? यदि घटिया काम के लिए उसका उपयोग किया जाने वाला है, तो वे कदाचित ही कभी कि...
- देवता सहायता तो करना चाहते हैं, लेकिन सहायता करने से पहले यह तलाश करना चाहते हैं कि हमारा उपयोग कहाँ किया जाएगा?...? किस काम के लिए किया जाएगा? यदि घटिया काम के लिए उनका उपयोग किया जाने वाला है, तो वे कदाचित ही कभी कि...
- देवता हर समय कुछ न कुछ देते रहते हैं, लेते नहीं हैं, हम माँगते हैं और वे देते हैं, परन्तु यहाँ यह विचार करना पड़ेगा कि देवता क्या देते हैं?...? देवता के पास जो चीजें होंगी वही तो वह देगा। जिसके पास जो चीज नहीं होगी, तो वह क्या देगा? जो चीज बै...
- देवता ही स्वर्ग के अधिपति रहे हैं और रहेंगे, पर उस असंगठन-विघटन को क्या कहा जाय?...? जो तार-तार बिखेर कर, पर्वतों को बालू का कण बनाकर जहाँ-तहाँ छितरा देता है। इस विपर्यय को उलटना ही ...
- देवता होना किस तरीके से सम्भव है?...? जीवन-साधना बनाती है देवता
मित्रो! देवता होने के लिए थोड़े से प्रयास करने पड़ेंगे और उस प्रया...
- देवता, यह कहाँ होता है?...? पर भगवान हमारे ऊपर ही चढ़ता आए, तो यह भी कोई बात हुई। पूरा सम्मान करेंगे, पर जब गलत चलेगा, तो उसे सम...
- देवताओं का यही धंधा है?...? देवताओं का यही पेशा है कि लोगों के लिए चीजें तलाश करते फिरें। मनोकामना पूरी करना नहीं है काम देवताओ...
- देवताओं का उद्देश्य क्या हो सकता है?...? देवताओं का उद्देश्य एक ही है और वह है—हमारा इष्ट। इष्ट माने लक्ष्य। लक्ष्य माने जैसा बनना है। आखिर ब...
- देवताओं का केवल यही काम है-फूल बरसाना?...? यह क्या बात है? क्या वे कौम के माली हैं? इनके यहाँ फूलों की खेती होती है? जहाँ कहीं भी शादी होती है,...
- देवताओं का केवल यही काम है—फूल बरसाना?...? यह क्या बात है? क्या वे कौम के माली हैं? इनके यहाँ फूलों की खेती होती है? जहाँ कहीं भी शादी होती है,...
- देवताओं का दर्शन कैसे हो सकता है?...? देवताओं की उपासना कैसे हो सकती है? देवताओं के नजदीक जाने से किस तरीके से भगवान का आदान-प्रदान हो सक...
- देवताओं का साक्षात्कार करेंगे?...? बेटे! देवता इतने फालतू नहीं हैं कि आपने पुकारा और वे आ गए। आप शंकर भगवान् को बुलाना चाहते हैं न? वे ...
- देवताओं की उपासना कैसे हो सकती है?...? देवताओं के नजदीक जाने से किस तरीके से भगवान का आदान-प्रदान हो सकता है? इसके लिए एक छोटा-सा उदाहरण म...
- देवताओं की कृपा हम आपको दिलाएँगे, पर आप उसे रखेंगे कहाँ?...? आप रखने वाली चीज का इंतजाम कर लीजिए, बाकी सब चीजें बहुत सरल हैं। जिन चीजों के लिए आप हैरान ह...
- देवताओं की क्या सामर्थ्य है?...? कोई सामर्थ्य नहीं है। सामर्थ्य भावना की है। भावना देवता को गढ़ती है। भावना कौन है? भावना है—देवताओं क...
- देवताओं की दुर्गति करने पर क्यों उतारू हो गए हैं?...? आप माँस खाएँ, ठीक है। अपने साहब को ह्विस्की पिलाइए, मटन-मुर्गा खिलाइए, उससे काम निकालिए। नहीं साहब!...
- देवताओं की मान्यता हमारे भारतवर्ष में कितनी बड़ी है?...? देवताओं के बिना हमारा काम ही नहीं चल सकता, देवताओं के बिना गुजारा ही नहीं हो सकता। चूल्हा बनाना हो औ...
- देवताओं की सामर्थ्य समझता है और भावनाओं की सामर्थ्य को नहीं समझता?...? देवताओं की क्या सामर्थ्य है? कोई सामर्थ्य नहीं है। सामर्थ्य भावना की है। भावना देवता को गढ़ती है। भाव...
- देवताओं की हमने कैसी-कैसी दुर्गति की?...? इसे देखकर रोना आता है। एक दिन एक देवी बैठे-बैठे रो रही थी। मैंने कहा—देवी! आपको क्या हो गया? आप क्यो...
- देवताओं के नजदीक जाने से किस तरीके से भगवान का आदान-प्रदान हो सकता है?...? इसके लिए एक छोटा-सा उदाहरण मैं आपको सुनाना चाहूँगा। एक पण्डित जी थे। उन्हें चार सौ रुपये कहीं से दान-...
- देवताओं के पास रहती हैं तो जमीन पर भी रह सकती हैं?...? हाँ जमीन पर भी रह सकती हैं, तीनों चीजें। अमृत भी जमीन पर रहता है। पारस भी जमीन पर रहता है और कल्पवृक...
- देवताओं के बिना कोई काम कर सकते हैं?...? देवताओं के बिना हमारा कोई काम नहीं हो सकता। आप शादी नहीं कर सकते। हम चल नहीं सकते, फिर नहीं सकते। हम...
- देवताओं के बेटों को कैसा होना चाहिए?...? अगर कोई देवता का बेटा है, तो उसके व्यवहार में और जीवन में क्या गुण आना चाहिए? इसे हम पाँचों पांडवों ...
- देवताओं के बेटों को कैसा होना चाहिए?...? अगर कोई देवता का बेटा है तो उसके व्यवहार में और जीवन में क्या गुण आना चाहिए? इसे हम पाँचों पाण्डवों ...
- देवताओं के मन में हर समय देने की इच्छा बनी रहती है कि किसके लिए क्या दे पाएँ?...? प्यार देना सिखाता है। सेवा उसी का नाम है। इसका नाम प्यार है। भगवान का नाम प्यार है। रसो वै सः अर्थात...
- देवताओं के मुकाबले पहुँचिए न?...? नहीं साहब! हमारी बेइज्जती हो गयी है और हमसे छोटे आदमी सब-आर्डिनेट का प्रमोशन हो गया और हमारा नहीं ...
- देवताओं के रूप में आते, तो उनको वाहन लाने पड़ते, अपने हथियार लाने पड़ते, फिर रामचंद्र जी की सेना में भर्ती कैसे होते, यदि देवता बने रहते तो?...? अतः देवता नहीं, रीछ-बन्दर बन गए। रीछ-बन्दर बनकर उन्होंने वह काम किया, जो भगवान् का संकल्प था।भगवान् ...
- देवताओं को और कोई काम नहीं है?...? जहाँ जाते हैं, वहीं फूल बरसाते रहते हैं। रामायण में आप पढ़ लीजिए, बीसियों जगह फूल बरसे हैं। रामचंद्र...
- देवताओं को और कोई काम नहीं है?...? जहाँ जाते हैं, वहीं फूल बरसाते रहते हैं। रामायण में आप पढ़ लीजिए बीसियों जगह फूल बरसे हैं। रामचंद्र ज...
- देवताओं को कैसा बनना चाहिए, कैसा होना चाहिए?...? यह सारी-की बातें हमारी बच्चियाँ व्याख्या के रूप में समझा रहीं थी। हमको और आपको कौन-सा आदर्श पसन्द है?...
- देवत्व का विकास किस तरीके मे होता हैं?...? देवत्व का विकास इस मायने में होता है कि आदमी दिल से उदार हो जाता है। उदार होकर आदमी यह सीखता है कि ह...
- देवत्व का विकास किस तरीके से होता है?...? देवत्व का विकास इस मायने में होता है कि आदमी दिल से उदार हो जाता है। उदार होकर आदमी यह सीखता है कि ह...
- देवत्व की दिशा में चलने की अपेक्षा हम कहीं असुरत्व को तो आमन्त्रित नहीं कर रहे हैं?...? मध्यकालीन अन्धकार युग में इस देश में अनेक प्रकार की मूढ़ताओं का उद्भव हुआ है। उसने धर्म-क्षेत्र को भी...
- देवत्व की दिशा में बहें, तो क्या हो सकता है?...? तब बेटे! हमारा देवपूजन का उद्देश्य पूरा हो सकता है। हम आपको देवपूजन की सारी प्रक्रियाएँ केवल इस मकसद...
- देवत्व के उदय से क्या फायदा होगा?...? देवत्व के उदय से चार फायदे तुरन्त होते हैं। चार फायदे प्रत्यक्ष होते हैं और जो पाँचवाँ फायदा है, उसके...
- देवत्व के खेत में क्या बोना पड़ेगा?...? एक तो बोना पड़ेगा—जल। जल से क्या मतलब है? जल से मतलब है बेटे, —श्रम। श्रम से मतलब है—पसीना। आप पसीना ...
- देवत्व जब आता है, तब क्या होता है?...? नागपुर की अदालत में काम करने वाले एक छोटे से वकील थे। मामूली से वकील, जो साइकिल पर बैठ करके रोजाना अ...
- देवदक्षिणा क्या है?...? देवदक्षिणा हमारा प्राण है। पुराने जमाने में पण्डित आते थे तो वे बस, बलि चढ़ाते थे। चलिए साहब! बलि चढ़...
- देवमाता कैसे हो गया?...? पहले ये ऋषियों के जमाने में केवल सिद्धान्त थीं, ब्रह्मविद्या थीं, तत्त्वज्ञान थीं और फिलॉसफी थीं। फि...
- देवमानव क्यों कहते थे?...? वे किसके बने हुए था? वे हाड़-माँस के बने हुए थे। वे क्या खाते थे? यही दाल-रोटी खाते थे। कपड़ा क्या प...
- देवर किसे कहते हैं?...? बच्चे किसे कहते हैं? अमुक बात कैसी होती है? मेहमान किसे कहते हैं? अतिथि घर में कैसे आते हैं? पैसे की...
- देवर किसे कहते हैं?...? बच्चे किसे कहते हैं? अमुक बात कैसे होती है, मेहमान किसे कहते हैं? अतिथि घर में कैसे आते हैं? पैसे की...
- देवलोक में अर्जुन को क्या-क्या उपहार मिलने चाहिए थे?...? इसकी परीक्षा लेने के लिए उन्होंने क्या किया? उन्होंने यह किया कि उपहार पीछे देंगे, पहले देखें कि यह ...
- देवलोक में क्या होता है?...? कल्पवृक्ष होता है। कल्पवृक्ष किसे कहते हैं? उसे कहते हैं जिसके नीचे बैठकर हर चीज, हर मनोकामना पूर्...
- देवशक्तियाँ क्या चाहती हैं?...? और भगवान क्या चाहते हैं? भगवान जो चाहते हैं, उस काम को करने के लिए हमारी आगे वाली लाइन पर चलने वाल...
- देवसंस्कृति का उदय कैसे हुआ?...? वास्तव में अयोध्या में लंका के विरुद्ध मोरचाबन्दी शुरू हो गई थी। कैसे हुई थी? बेटे! वे परम्पराएँ आरम्भ ...
- देवस्य किसे कहते हैं?...? देवस्य कहते हैं—दिव्य को और देने वाले को। आदमी के भीतर दो विशेषताएँ होनी चाहिए। भगवान् के भीतर भी दो...
- देवियाँ कौन हैं?...? मछलियाँ। देवता कौन हैं? कबूतर। आप कौन हैं? बहेलिया। यही धन्धा है। चुप। बहेलिए का मछली मार धन्धा करता...
- देवियाँ क्या यही काम करती हैं?...? तो महाराज जी! फिर शिवाजी को तलवार कैसे मिली थी? बेटे! यह अलंकार है, जिसका अर्थ है कि वह अक्षयशक्ति, ...
- देवी और गायत्री नाराज हो जाएँगी?...? नहीं बेटे, कोई नाराज नहीं होंगी। गुरुजी को माला पहना दें, तो आचार्य जी नाराज हो जाएँगे? नहीं, कोई ना...
- देवी का क्या बिगाड़ा है?...? अरे! तैंने हजामत क्यों नहीं खिलायी? अरे! हजामत नहीं खिलायी, तो बाबा! जलेबी खा ले। इमरती खा ले। नहीं,...
- देवी का जँवाई है?...? चांडाल कहीं का-देवी को हमारी सहायता करनी चाहिए थी। किस बात की देवी सहायता करें? नहीं साहब! हमारी मनो...
- देवी का जवाई है?...? चांडाल कहीं का—देवी को हमारी सहायता करनी चाहिए थी! किस बात की देवी सहायता करे? नहीं साहब! हमारी मनोक...
- देवी का मंत्र हम बता देते हैं—बताइए?...? ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे.......। अच्छा यह है काली का मंत्र? हाँ बेटे! मंत्र तो ठीक है, लेक...
- देवी किसकी सहायता करती है?...? देवी जप करने वाले की सहायता नहीं करती, पाठ करने वाले की सहायता नहीं करती। देवी उनकी सहायता करती है, ...
- देवी किसकी सहायता करती है?...? देवी जप करने वाले की सहायता नहीं करती, पाठ करने वाले की सहायता नहीं करती। देवी उनकी सहायता करती है, ...
- देवी की तलवार?...? क्या देवी के यहाँ लोहे की फैक्टरी खुली होती है? देवी क्या लोहे का चाकू बनाती है, बन्दूकें बनाती है? त...
- देवी की बताई जा रही हैं तो चलिए देवी क्या हो सकती है?...? यह बताता हूँ आपको। हमारी अन्तर्चेतना के अलावा कोई देवी नहीं है। हमारी अन्तर्चेतना जब विकसित होती तो ...
- देवी की यह तलवार हमको भी मिल सकती है?...? देवी की तलवार? क्या देवी के यहाँ लोहे की फैक्टरी खुली होती है? देवी क्या लोहे का चाकू बनाती है, बन्दू...
- देवी को आपने क्या समझ रखा है?...? आपसे मैं पूछता हूँ कि आप लक्ष्मी जी को समझते क्या हैं? वे आपके जैसी फरेबी और आप जैसी जलील हो सकती है...
- देवी को खिलाएँगे?...? क्या खाएगी? हजामत खाएगी? हजामत नहीं खिलाओ, जलेबी खिला दो तो? जलेबी नहीं खाएगी, हजामत खाएगी और हजामत ...
- देवी क्या लोहे का चाकू बनाती है, बन्दूकें बनाती है?...? तलवार बनाती है? देवियाँ क्या यही काम करती हैं? तो महाराज जी! फिर शिवाजी को तलवार कैसे मिली थी? बेटे!...
- देवी खून पीती है?...? देवी कभी खून नहीं पी सकती। जो देवी खून पीती हैं वो देवी कैसे हो सकती हैं? वो देवी नहीं कही जा सकती। ...
- देवी जी आपको क्या चाहिए?...? धर्मपत्नी से पूछता है कि क्या चाहिए आपको? पड़ोसी से पूछता है कि क्या चाहिए आपको? नौकर से पूछता है कि...
- देवी ने कहा, अच्छा आप हमें बीबी बनाना चाहते हैं?...? हाँ, आप हम पर हुकुम चलाना चाहते हैं? हाँ, आप हमें गुलाम बनाना चाहते हैं? देवी ने कहा, हम आपकी नौकरान...
- देवी ने कहा, अच्छा आप हमें बीबी बनाना चाहते हैं?...? हाँ, आप हम पर हुकुम चलाना चाहते हैं? हाँ, आप हमें गुलाम बनाना चाहते हैं? देवी ने कहा, हम आपकी नौकरान...
- देवी समझने से क्या हो जायेगा?...? तुम्हारी आँखों में शालीनता आयेगी। किस तरह से आयेगी? शिवाजी की तरह से आयेगी। यही देवी तुझे तलवार दे...
- देवी से माँगेंगे, देवता से माँगेंगे?...? तो बेटे, मेरा ऐसा ख्याल है कि एक तो वे तुझे कुछ देंगे नहीं और यदि देंगे भी तो ऐसी चीज देंगे जो सड़ी...
- देवी है या चुड़ैल?...? इस तरह की चुड़ैलों को देवियाँ बना दिया गया, कुलदेवी बना दिया गया है। और पागल आदमी कलकत्ता (कोलकाता) ...
- देवी है या चुड़ैल?...? इस तरह की चुड़ैलों को देवियाँ बना दिया गया, कुलदेवी बना दिया गया है। और पागल आदमी कलकत्ता (कोलकाता) ...
- देवी-देवता चमत्कार दिखाते हैं?...? नहीं, कुछ चमत्कार नहीं दिखाते। फिर कौन दिखाता है? वह दिखाता है जिसको हम असली भगवान कहते हैं। असली भग...
- देश का उत्तरदायित्व नहीं है?...? नहीं साहब! अभी तो बेटी की शादी करनी है, उससे निवृत्त हो जाऊँगा, तब आऊँगा। तब ऐसी चपत लगेगी कि होश ठि...
- देश की अर्थ व्यवस्था और प्रगति में पिछड़ी नारी ने क्या योगदान दिया?...? समाज को समुन्नत बनाने में वह क्या योगदान दे सकी? स्वयं नारी, जीवन का क्या सौभाग्य पा सकी? इन प्रश्नो...
- देश की अर्थ-व्यवस्था और प्रगति में पिछड़ी नारी ने क्या योगदान दिया?...? समाज को समुन्नत बनाने में वह क्या योगदान दे सकी? स्वयं नारी, जीवन का क्या सौभाग्य पा सकी? इन प्रश्नो...
- देश की अर्थव्यवस्था और सामाजिक प्रगति में पिछड़ी नारी ने क्या योगदान दिया?...? स्वयं नारी, जीवन का क्या आनन्द पा सकी? इन प्रश्नों पर विचार करने से लगता है कि नारी को सताकर, नीचे ग...
- देश की दौलत बढ़ेगी तो कैसे?...? हमें देश में फैक्ट्री लगानी चाहिए, इसके लिए आप कुछ मदद कर सकते हैं? उन्होंने कहा—हमने सुना है कि योग...
- देश की बागडोर सँभालने तथा उसके संचालन का दायित्व सौंपने से पूर्व यह आवश्यक हो जाता है कि यह भली-भाँति परख लिया जाये कि जिनके हाथों में देश की व्यवस्था की देख-रेख अरबों खरबों रुपये की सम्पत्ति की सुरक्षा की जिम्मेदारी सौंपी जा रही है वे कैसे हैं?...? ईमानदार चरित्र निष्ठ हैं अथवा नहीं। साढ़े अड़सठ करोड़ व्यक्तियों का भाग्य इस दूरदर्शी निर्णय पर निर्भर...
- देश के ऊपर जब कोई दुश्मन हमला कर देता है तो क्या करना पड़ता हैं?...? दुश्मन बनना पड़ता हैं। सैनिकों की छुट्टियाँ बन्द कर दी जाती हैं। नहीं साहब, हमारा ब्याह हैं, मुहूर्त भ...
- देश के लिए हमने क्या किया?...? कितने कष्ट सहे, सौंपे गए कार्यों को कितनी खूबी से निभाया इसकी चर्चा यहाँ करना सर्वथा अप्रासंगिक होगा...
- देश को क्या देना चाहिए?...? भगवान जी को क्या देना चाहिए? तब हम आपसे कहते कि आप जवान आदमी हैं। बेटे! हम जवान आदमी हैं और हमेशा अप...
- देश, धर्म, समाज और संस्कृति की सेवा के पुनीत कर्तव्य की उपेक्षा तो नहीं करते?...? (३) अपने विचारधारा एवं गतिविधियों को हमने अन्धानुकरण के आधार पर बनाया है या विवेक, दूरदर्शिता एवं आदर...
- देशभक्त क्यों हैं?...? देखिए हमारे घर में तिरंगा झण्डा लगा हुआ है। तिरंगा झण्डा इस बात का प्रतीक था कि हमारे मन में देशभक्त...
- देशव्यापी या राष्ट्रव्यापी भावना हमारे अन्दर जरा भी उत्पन्न नहीं होती है कि हमको राष्ट्र के भी काम आना है क्या?...? राष्ट्र का भी कुछ हमारे ऊपर उत्तरदायित्व है? हमारी कोई जिम्मेदारी है क्या?
जिम्मेदारी निभाइए
बेटे!...
- दैत्य का तरीका क्या होना चाहिए?...? चेहरा कलंक की कालिमा से पुता हुआ। जिन्होंने जिन्दगी भर इस तरीके से काम किये हैं, अगर उनके कर्म को नंग...
- दैत्य कैसे होते हैं और देव कैसे होते हैं?...? आपको हम अभी बता सकते हैं कि हिन्दू धर्म में दैत्यों की शक्ल क्या है? हिन्दू धर्म क्या है? अलंकारों क...
- दैत्य ने पूछा—"तू क्यों रो रहा है?...? " उस लकड़हारे ने कहा—"मेरी कुल्हाड़ी खो गई है।" उसने कहा—"कुल्हाड़ी ऐसी कौन-सी बड़ी चीज है? तेरी कुल...
- दैवी अनुग्रह का तो कहना ही क्या?...? कभी व्यापार-धन्धे के सहारे अकस्मात किसी बड़े लाभ का सुयोग मिल जाने में, लाटरी खुल जाने आदि के रूप मे...
- दैवी अनुग्रह किसे कहते हैं?...? आपने रामायण में कई प्रसंग पढ़े होंगे कि जब देवता प्रसन्न होते हैं, तब फूल बरसाते हैं और कुछ नहीं बरसा...
- दैवी अनुग्रह हो सकते हैं?...? हाँ बेटे, दैवी अनुग्रह भी होते हैं। दैवी अनुग्रह भी आदमी को मिलते हैं, परन्तु हरेक को नहीं मिलते। गुर...
- दैवी अनुग्रह हो सकते हैं?...? हाँ बेटे, दैवी अनुग्रह भी होते है। दैवी अनुग्रह भी आदमी को मिलते हैं, परन्तु हरेक को नहीं मिलते। गुरु...
- दैवी प्रकोपों का कुचक्र जब मानवीय प्रगति प्रयत्नों को मटियामेट कर सकता है, तो दैवी अनुग्रह से अनुकूलता क्यों उत्पन्न न होगी?...? बाढ़, भूकम्प, दुर्भिक्ष, महामारी, अतिवृष्टि, ईति-भीति आदि विनाशकारी घटनाक्रम दैवी प्रकोप से ही उत्पन्...
- दैवी शक्तियाँ हमला करती हैं?...? हाँ, हमला करती हैं। आसुरी शक्तियाँ भी हमला करती हैं और दैवी शक्तियाँ भी हमला करती हैं। किसके ऊपर...
- दैवी सभ्यता के पीछे क्या परिणति निकल सकते हैं?...? ये साबित करने के लिए दशरथ के कुटुम्ब ने, परिवार ने उसी तरह के नमूने पेश करने शुरू कर दिए, जैसे कि लंक...
- दैवी सभ्यता के पीछे क्या परिणाम निकल सकते हैं?...? ये साबित करने के लिए दशरथ के कुटुम्ब ने, परिवार ने उसी तरह के नमूने पेश करने शुरू कर दिए, जैसे कि लंक...
- दैवी-शक्तियों ने किन-किनकी सहायता की, चलिए गवाही पेश करता हूँ?...? छह फुट लम्बे-चौड़े सुराख से मैंने गंगाजी को गोमुख से निकलते देखा है। गोमुख में जो धारा पतली दिखाई पड़त...
- दैवीय परम्पराएँ क्या होती हैं?...? तिलक लगाना, माला जपना, गंगाजी नहाना, सत्यनारायण की कथा कहना आदि, क्या यही दैवी परम्पराएँ हैं? नहीं, ब...
- दैवीय परम्पराएँ क्या होती हैं?...? तिलक लगाना, माला जपना, गंगाजी नहाना, सत्यनारायण की कथा कहना आदि, क्या यहीं दैवी परम्पराएँ हैं? नहीं, ...
- दो हजार रुपये मासिक कैसे है?...? जैसे मान लीजिए आप अपने घर में पाँच आदमी रहते हैं। आप रहते हैं, आपकी बीबी रहती है, तीन बच्चे रहते ह...
- दो आँखें तो सबके होती हैं, पर शंकर जी की तीन आँखें क्यों बनाई गईं?...? शंकर भगवान की यह वह आँख है, जो मनुष्य के ‘विवेक’ की आँख कहलाती है। यह तीसरी आँख आपके भी होती है। उन्...
- दो और दो का योग क्या होता है?...? चार। इसका क्या मतलब हुआ? बेटे, दो में दो चीजें मिला दी तो चार हो गया। जोड़ का नाम है—योग। जोड़ शब्द ...
- दो कदम क्या हैं?...? योग क्या है? योग का अर्थ होता है जोड़ देना। किसको किसके साथ जोड़ देना? जीव को ब्रह्म के साथ जोड़ना, ...
- दो कब पैदा हुए?...? आप गलत बात कहते हैं। हम तो अपनी माँ के पेट से अकेले ही पैदा हुए थे। आप अकेले पैदा नहीं हुए है। आप दो...
- दो कार्यक्रम समझ में आ गए न आपके?...? पहला काम तो यह कि आपको प्रज्ञा प्रशिक्षण आयोजन के लिए सबसे ज्यादा जोर देना है। अपने यहाँ झोला पुस्तक...
- दो के साथ ब्याह क्यों कर दिया?...? भूल जायेगा तो लड़ाई करेगा और यह कहेगा कि हमारे साथ चल। दूसरा कहेगा कि हमारे घर चल। एक के साथ ...
- दो गंगाएँ जो गायब हो गई हैं, वह कहाँ गईं?...? वह इसी स्थान पर थीं, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज बना हुआ है। एक धारा यहाँ बाहर बहती थी जिसे बाँध बनाकर रोक द...
- दो गंगाएँ जो गायब हो गयी हैं, वह कहाँ गयी?...? वह इसी स्थान पर थी जहाँ आज शान्तिकुञ्ज बना हुआ है। एक धारा यहाँ बाहर बहती थी जिसे बाँध बनाकर रोक दिया ...
- दो गंगाएँ जो गायब हो गयी हैं, वह कहाँ गयीं?...? वह इसी स्थान पर थीं, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज बना हुआ है। एक धारा यहाँ बाहर बहती थी, जिसे बाँध बनाकर रोक ...
- दो घण्टे समय नहीं दे सकते?...? कलेजा है आप में? हृदय है आप में? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप...
- दो घण्टे समय नहीं दे सकते?...? कलेजा है आप में? हृदय है आप में? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप म...
- दो घण्टे हमारे पास फुरसत के नहीं हैं?...? हाँ हैं, हमारे पास, अगर हम चाहें तो उसे लगा सकते हैं। प्रौढ़ पाठशालाएँ एक आदमी एक रात्रि पाठशाला चला...
- दो चार लोग मान भी जायें तो उससे क्या होता है?...? इस धन्धे में प्रवेश करने वाले नये लोग संख्या को पूरा कर देंगे। अतः दानी और उदार बनने से पहले यह विचा...
- दो तीन दिन तक ऐसी खुशामद की, ऐसी इज्जत की कि क्या कहने?...? जब विदा हुए तब तरह तरह के उपहार दिए, पेंट सूट दिया, किराये के लिए सौ रुपए दिए। टिकट लाकर दिया। घर से...
- दो दिनों से आप यह सुन रहे हैं कि कल्प क्या है और कल्प के लिए क्या-क्या करना पड़ेगा आपको?...? कल्प के लिए दूसरे भी आपकी सहायता करेंगे; पर यह मानकर चलिए कि कुछ तो आपको भी करना पड़ेगा। आप केवल पूजा...
- दो दीनार में आदमी खुश रह सकता है क्या?...? हाँ, दो दीनार में आदमी बहुत खुश रह सकता है, अगर आदमी की इच्छाएँ कम हो जायें तब। सन्तोष परम धन मित...
- दो फोन पहले से कैसे आ गए?...?
ऊपर पहुँचा। देखते ही गुरुजी ने कहा, ‘‘रिजर्वेशन मिल गया? और बुखार भी उतर गया न?’’ मैंने गुरुजी से ...
- दो बच्चों को छोड़कर आए थे, हमें कितने बच्चे मिल गए?...? बेटे! हमारी अखण्ड ज्योति जो छपती थी, तो मैं समझती हूँ 18,000 थी और युग निर्माण योजना 12,000 थी, सब म...
- दो भक्त तो हो गए, तीसरा भक्त कौन था?...? तीसरा भक्त कौन रह गया? सन्त ने कहा—उस आदमी का नाम है—नारद। नारद ने क्या बिगाड़ा? नारद ने यह बिगाड़ा कि ...
- दो मंजिलें क्या हैं?...? दो कदम क्या हैं? योग क्या है? योग का अर्थ होता है जोड़ देना। किसको किसके साथ जोड़ देना? जीव को ब्रह्...
- दो महीने पहले तो वह आपका जमाई था?...? हाँ दो महीने पहले था, लेकिन उसने तलाक दे दिया है, इसलिए हमारा बैरी है और विरोधी है। अच्छा साहब! क्या...
- दो महीने पहले तो वह आपका जमाई था?...? हाँ दो महीने पहले था, लेकिन उसने तलाक दे दिया है, इसलिए हमारा बैरी है और विरोधी है। अच्छा साहब! क्या...
- दो लकड़ी के पीस थे, न जाने कहाँ से बहते हुए चले आ रहे थे?...? गंगा का जल गंगोत्तरी से बहकर कोलकाता तक चला जा रहा है। ऐसा हजारों बार होता है कि लकड़ी का टुकड़ा न ज...
- दो वर्ष पहले जो तन सुंदर और स्वस्थ था, जिसका स्वास्थ्य ऐसा श्रेष्ठ मालूम पड़ता था, शरीर बलिष्ठ मालूम पड़ता था, आखिर इसके अधःपतन का जिम्मेदार कौन था?...? जिम्मेदार था वह दाद, जो हमारे कामेन्द्रिय की नोक पर विद्यमान था और जिसको खुजाने से पहले, हमने यह...
- दो विद्यार्थी हैं और मास्टर कितने हैं?...? तीन मास्टर हैं। धत् तेरे की ये क्या हुआ? अरे बेटे! विद्यार्थी कहाँ हैं दुनिया में। आध्यात्मिक क्...
- दो शरीर के दो अवयवों का स्पर्श, इसमें क्या अनोखापन, क्या निरालापन, क्या उपलब्धि है?...? फिर स्पर्श का कुछ प्रभाव हो भी तो उसकी कल्पना से किस प्रकार, क्यों, किसलिए चित्त को बेचैन करने वाली ...
- दो साँड़ों की लड़ाई देखी है न आपने?...? हाँ गुरुजी! जब दो साँड़ लड़ते हैं तो खेत को, दुकान को बहुत नुकसान पहुँचाते हैं। एक बार तो दो खोमचे व...
- दो साँड़ों की लड़ाई देखी है न आपने?...? हाँ गुरुजी! जब दो साँड़ लड़ते हैं तो खेत को, दुकान को बहुत नुकसान पहुँचाते हैं। एक बार तो दो खोमचे वा...
- दो सेरे नहीं हैं, तीन पाये नहीं हैं, दो पाटी नहीं हैं, बीच का झाबड़-झोल नहीं है, फिर क्या है इसमें?...? उसने थैले में से एक पाया निकालकर दिखा दिया और कहा कि इसे ले जाइए। लोगों ने कहा—धत तेरे की, इसका हम क...
- दो सेरे नहीं हैं, तीन पाये नहीं हैं, दो पाटी नहीं हैं, बीच का झाबड़-झोल नहीं है, फिर क्या है इसमें?...? उसने थैले में से एक पाया निकाल कर दिखा दिया और कहा कि इसे ले जाइए। लोगों ने कहा कि-धत् तेरे की, इसका...
- दो सौ रुपए महीने मिलते थे और मौज करते थे, लेकिन यह कहाँ से आ गई?...? दो सौ रुपया तो कपड़े-लत्ते के लिए भी नहीं होगा। नहीं साहब! आप जाइए, चोरी कीजिए, कुछ भी कीजिए, पर पैस...
- दो सौ रुपए महीने मिलते थे और मौज करते थे, लेकिन यह कहाँ से आ गई?...? दो सौ रुपया तो कपड़े-लत्ते के लिए भी नहीं होगा। नहीं साहब! आप जाइए, चोरी कीजिए, कुछ भी कीजिए पर पैसा ...
- दो हजार की आमदनी छोड़कर गया होगा?...? तो तेरे लिए। मैट्रिक पास लोगों को मैं जानता हूँ, जो स्टेट बैंक में नौकरी करते हैं और पंद्रह सौ रुपये...
- दो हजार मील पर क्या करोगे?...? बच्चे का मुंडन कराने ले जाएँगे। फिर क्या हो जाएगा? देवी पर बाल चढ़ा देंगे। क्या करेगी देवी? बालों को...
- दो हजार मील पर क्या करोगे?...? बच्चे का मुंडन कराने ले जाएँगे। फिर क्या हो जाएगा? देवी पर बाल चढ़ा देंगे। क्या करेगी देवी? बालों को ...
- दो हजार रुपये में हमने क्यों जिन्दगी जी?...? एक-एक पैसा हमने, यह समझकर रखा कि, यह कितना कीमती है। हम अपने लिए अनावश्यक कामों में, विलासिता में और...
- दो, जो आपको मुश्किल जान पड़ती है कि संसार में से बुराइयाँ कैसे दूर होंगी और अच्छाइयों की वृद्धि कैसे दूर होंगी और अच्छाइयों की वृद्धि कैसे होगी?...? इस सम्बन्ध में नोस्ट्राडेमस की राजनीतिक भविष्यवाणी तो हमने बता दी है और अब अपनी स्वयं की भविष्यवाणी ...
- दो-एक का नाम बताइये मुझे?...? बाल्मीकि, अजामिल, सदन कसाई। अच्छा! तो इसी चक्कर में हैं आप। कसाई की दुकान भी खोले रहेंगे और बैठे-ठाल...
- दो-एक देवी देवता से काम चलेगा?...? दो-एक देवी-देवता से कैसे मिट जाएगी भूख हमारी? हमारी नहीं भरेगी। आपने पूजा के लिए कोठरी रखी हुई है। उ...
- दो-एक देवी-देवता से कैसे मिट जाएगी भूख हमारी?...? हमारी नहीं भरेगी। आपने पूजा के लिए कोठरी रखी हुई है। उसमें आपने कितने देवी-देवता बना के रखे हैं। एक ...
- दो-चार रुपये जुर्माना हो जायेगा, लेकिन अगर सेनापति गड़बड़ी कर दे, तब?...? तब सारे—के—सारे राज्य की स्वाधीनता ही संकट में जा पड़ेगी। इसलिए वह अनेक बन्धनों से बँधा हुआ है। घर में...
- दो-तीन दिन तक ऐसी खुशामद की, ऐसी इज्जत की कि क्या कहने?...? जब विदा हुए तब तरह-तरह के उपहार दिए, पेंट-सूट दिया, किराये के लिए सौ रुपये दिए। टिकिट लाकर दिया। घर ...
- दोनों एक साथ जोड़ कैसे होगा?...? इसीलिए भगवान सिर पर हाथ रख करके जा बैठे। अरे! तुम क्या कहते हो नारद? लेकिन नारद ने अपना आग्रह जारी र...
- दोनों एक साथ जोड़ कैसे होगा?...? इसलिए भगवान सिर पर हाथ रख करके जा बैठे। अरे! तुम क्या कहते हो नारद? लेकिन नारद ने अपना आग्रह जारी रख...
- दोनों एक-दूसरे को उपहार देने के इच्छुक थे, पर साधन कैसे जुटाएँ?...? पति के दिमाग में बहुत दिनों से ख्वाब था कि अपनी स्त्री के सुनहरे रेशम जैसे बालों के लिए सोने की क्लि...
- दोनों कर लेगा तो तेरा क्या बिगड़ेगा?...? नहीं महाराज जी! आप दो में से एक का फैसला कर दीजिए, हम वही करेंगे। ठीक है, बेटे ! तो फिर मैं इस बात क...
- दोनों कर लेगा तो तेरा क्या बिगड़ेगा?...? नहीं महाराज जी! आप दो में से एक का फैसला कर दीजिए, हम वही करेंगे। ठीक है, बेटे! तो फिर मैं इस बात की...
- दोनों का सहयोग कितना शानदार है और आपका उज्ज्वल भविष्य करने में इस शिविर का कितना बड़ा योगदान है?...? आप यह देख पायेंगे और यह सम्भव है, जैसी कि हम आशा करते थे, आशा दिलाते थे।...
- दोनों की कीमत की तुलना कहाँ हो सकती है?...? देवताओ! तुम मुझे ठगने के लिए आये हो, लेकिन मैं कथा का लाभ आपको नहीं दूँगा। कौन सी कथा? भागवत् की कथा...
- दोनों की जद्दोजहद में किसको सफलता मिली?...? मिली फर्ज और कर्तव्य को। आजीवन हमने यही निभाया है।
आचार्य जी की माताजी थीं, जिनको हम ताईजी कहते ह...
- दोनों के एक हो जाने से क्या मतलब है?...? दोनों के एक हो जाने से ये मतलब है कि नाला नदी हो जाता है। नदी नाला नहीं हो सकती, नाला नदी हो जाता है...
- दोनों के मूल्यांकन में न्याय-तुला की डण्डी मारने की मान्यता किस लिए?...? नारी की पराधीनता का एक रूप यह है कि उसे परदे में, पिंजड़े में बन्दीगृह की कोठरी में ही कैद रहना चाहि...
- दोनों के हितों के लिए क्या करना चाहिए?...? ऐसा जब आप विचार करेंगे तो आपको दिशा मिलेगी।जब आप यहाँ से जाएँ तो माली होकर जाएँ। मालिकी को यहीं छोड़ ...
- दोनों को इतनी परेशानी पैदा करने के बाद अगर आपने थोड़े से पैसे दे दिए, तो क्या फायदा हुआ?...? तो महाराज जी! आप दान के लिए मना कर रहे हैं? मना नहीं करता बेटे, मैं तो यह कहता हूँ कि दान देने के तर...
- दोनों को एक होना होगा या तो मैं रहूँगा या रामचंद्र जी रहेंगे?...? या तो हनुमान् जी रहेंगे या रामचंद्र जी रहेंगे? मैं तो लेकर के हटूँगा। भला ऐसे कैसे हो सकता है कि म...
- दोनों को एक होना होगा या तो मैं रहूँगा या रामचंद्र जी रहेंगे?...? या तो हनुमान जी रहेंगे या रामचंद्र जी रहेंगे? मैं तो लेकर के हटूँगा। भला ऐसे कैसे हो सकता है कि मैं ...
- दोनों तरफ चलेंगे तब?...? तब हम क्या कह सकते हैं।
दोहरा व्यक्तित्व न हो
बेटे, इस सम्बन्ध में हम कछुए का एक छोट...
- दोनों तुम्हारे कान उखाड़ेंगे और फिर तुम जब चारपाई से उठोगे न, अरे क्या हो गया?...? गुरुजी-माताजी आ गए, भूत आ गया। अभी तो आप प्रणाम करते हैं, पाँव छूते हैं और कितने भावविभोर हैं और तब?...
- दोनों भागे दूर जाकर रुके तब पहले लड़के ने पूछा-कहाँ था खेत का मालिक?...? दूसरे लड़के ने कहा भाई भगवान सारे संसार का मालिक है वह तो हर जगह है, उस खेत में हम लोगों को चोरी करते...
- दोनों में कुछ फर्क है क्या?...? नहीं, कोई फर्क नहीं है। गायत्री तपोभूमि, शान्तिकुञ्ज, ब्रह्मवर्चस तथा शक्तिपीठों पर लगे कार्यकर्ता ए...
- दोनों में क्या फरक पड़ा?...? कुछ भी फरक नहीं पड़ा। एक प्रत्यक्ष है और एक परोक्ष है। आज भी ठीक उसी प्रकार के संकट मनुष्य के सामने ह...
- दोनों में क्या फरक है?...? हिम्मत का है। छोटे-बड़े सभी कामों में जो रिस्की काम होते हैं, उनमें हिम्मत काम करती है। दुनिया में म...
- दोनों में लड़ाई-झगड़ा होने लगा कि असली भगवान् कौन है तथा नकली भगवान कौन है?...? आप और हम भी लड़ाई लड़ सकते हैं, क्योंकि आप लोग भी एक अंश भगवान् का धारण किये हुए हैं।...
- दोनों से घूमने की ही आवश्यकता पूरी होती है, फिर तीर्थयात्रा का पुण्य कैसे मिल सकता?...? तीर्थयात्रा के पीछे तो उद्देश्य जुड़ा हुआ है, क्रियाएँ जुड़ी हुई हैं। क्रियाओं का अर्थ यह है कि आपको ध...
- दोनों से जो घिरे हुए हैं, वह गधा अभी भी आपके सामने पड़ा हुआ है और यह कहता है कि आप अपने गंगाजल को हमें पिला सकते हैं क्या?...? अगर पिला सकते हैं तो मैं आपको यकीन दिला सकता हूँ भगवान की ओर से कि भगवान आपको छाती से लगाने के लिए त...
- दोनों ही थाली में सामने रखे है किसे ग्रहण किया जाए?...? किसे छोड़ा जाए? इसमें भीतर ही भीतर अन्तर्द्वन्द्व चलता है। यही देवासुर संग्राम है। जिस पक्ष की प्रबलत...
- दोनों ही थाली में सामने रखे हैं, किसे ग्रहण किया जाय?...? किसे छोड़ा जाय? इसमें भीतर ही भीतर सतत् अन्तर्द्वन्द्व चलता है।धन उपार्जन में नीति-अनीति के, कर्म में...
- दोपहरी में विश्राम कहाँ करेंगे?...? पिसनहारी के कुँए पर। पिसनहारी का कुँआ इतनी बड़ी धर्मशाला है, इतनी बड़ी चीज है कि मैं क्या कहा सकता हूँ...
- दोबारा मैंने गले में उँगली डाल करके फिर उलटी करने की कोशिश की कि कहीं ऐसा तो नहीं है कि हमारे गले में और सन्तरे का रस रह गया हो?...? जब मुझे विश्वास हो गया कि उलटी से रस पूरी तरह से निकल गया है, तो मैंने एक दिन का उपवास किया और सोचा ...
- दोष कहाँ हैं?...? वे हमारे चिन्तन में होते हैं। बाहर दोष नहीं होते।
बुरा जो देखन मैं चला, बुरा न मिलया कोय।
जो द...
- दोष हमारे कहाँ हैं?...? दुर्गुण हमारे कहाँ हैं? कषाय हमारे कहाँ हैं और कल्मष हमारे कहाँ हैं? मल हमारे कहाँ हैं? आवरण हमारे...
- दोष-दुर्गुणों का त्याग कीजिए और सेवावृत्ति के लिए उदारता से तैयार हो जाइए और यह देखिए कि जनमानस के परिष्कार के लिए आप क्या कर सकते हैं?...? समय का, श्रम का, धन का, अपनी बुद्धि का कोई हिस्सा लगाने के लिए आप तैयार हैं क्या? कोशिश कीजिए, हिम्म...
- दोस्ती के बिना आदान-प्रदान की परम्परा कैसे शुरू हो जायेगी?...? गुरु-शिष्य के प्रेम के बिना आदान-प्रदान कैसे शुरू हो जायेगा? मैं यह चाहता था कि इस शिविर के अन्त ...
- दोस्ती को मैं खराब कैसे कह सकता हूँ?...? प्यार को मैं खराब कैसे कहूँगा? मित्रता को मैं खराब कैसे कहूँगा? मित्रता तो बहुत अच्छी बात है। सहयोग ...
- दोस्तों को क्या देंगे?...? धन, धन नहीं। फिर सोचिए धन नहीं। आपको अपनी भावनाएँ, और अपनी विचारणाएँ, और उनको ऊँचा उठाने और, और ऊँचा...
- दोस्तों को क्या देंगे?...? धन? नहीं। अपनी भावनाएँ, विचारणाएँ और ऊँचा उछाल देने वाली सलाहें। सलाहें क्या कम होती हैं? प्रोत्साहन...
- दौलत खतम हो जाएगी और आपके पास अकल आएगी?...? नहीं, अकल भी चली जाएगी। अकल रहेगी? नहीं, निकम्मे आदमियों की अकल भी चली जाती है। निठल्ले आदमियों क...
- दौलत खतम हो जाएगी और आपके पास अकल आएगी?...? नहीं, अकल भी चली जाएगी। अकल रहेगी? नहीं, निकम्मे आदमियों की अकल चली जाती है। निठल्ले आदमियों के प...
- दौलत बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते है?...? मित्रो! इससे आदमी के ऊपर मुसीबतें ही आएँगी। हम और आप जिस जमाने में रहते हैं, बेटे, हमारे प्राण निकलत...
- दौलत मिल सकती है, सिद्धि मिल सकती है, चमत्कार मिल सकता है?...? अगर किसी ने यह बातें आपको बता दिया हो, तो मुझे इसमें सुधार करना है।
मित्रो! क्या सुधार करना है? ...
- दौलत, जिसको आप देवताओं से माँगते हैं, उस दौलत को आपको देने की गलती देवता नहीं कर सकते?...? अगर देवता आपको दे भी दें, तो इसका मतलब है कि वे आपकी तबाही पैदा करेंगे। अगर देवता आपको सीधी दौलत दें...
- दौलत, पैसा जब तक पास में नहीं था, तब तक यह मालूम पड़ता था कि जब यह मिलेगा, तो जाने क्या से क्या मिल जायेगा और जाने हम कौन हो जायेंगे?...? जब पैसा आ गया तो मालूम पड़ा कि कलह की निशानियाँ लेकर के आ गया। चोर, उठाईगीर, साले और बहनोई, जमाई और भ...
- द्रौपती के साथ पक्षपात, आपके साथ पक्षपात क्यों नहीं?...? नहीं मतलब एक ही बात है कि द्रौपदी ने साबित कर दिया था उसको मिलने का हक़ है।
आप ये साबित कीजिये कि आ...
- द्रौपदी से हमेशा युद्ध किया करे?...? किससे? भीम से? हमेशा युद्ध किससे किया करे? बीबी से? हमेशा युद्ध किससे किया करे? कुन्ती से? हमेशा किस...
- द्रौपदी हो हँसते देख पितामह ने पूछा-तात असमय हँसने का कारण क्या है?...? द्रौपदी बोली-पितामह क्षमा करें आज तो आप इतने ज्ञान की बातें कर रहे हैं एक दिन कौरवों की सभा में मेर...
- द्रौपदी-स्वयंवर में जब वह गया था तो द्रोणाचार्य ने लोगों से पूछा था कि क्या दिखाई पड़ता है?...? किसी ने कहा-मछली की पूँछ, तो किसी ने कहा-मछली की टाँग, मछली का पेट। तो आचार्य द्रोण ने कहा-आप मछली क...
- द्रौपदी-स्वयंवर में जब वह गया था, तो द्रोणाचार्य ने लोगों से पूछा कि क्या दिखाई पड़ता है?...? किसी ने कहा—मछली का टाँग, मछली का पेट; तो आचार्य द्रोण ने कहा—आप मछली का निशाना नहीं वेध सकते, भागिए...
- धक्के क्यों खाएँगे?...? इसलिए यह भी एक प्रश्न आपको हल करना पड़ेगा कि जिन बेचारों ने अपना आयोजन करके रखा है-पन्द्रह दिन का औ...
- धक्केशाही नहीं चलेगी अब, लाइन में खड़ा हो, क्यूँ?...? ? में खड़ा हो और अपनी जगह साबित कर और हैसियत साबित कर और वह वरदान ले आया, ताकत ले आ। गायत्री का अनुग्...
- धत तेरे की?...? और कुछ काम करते हो? नहीं साहब! कुछ काम नहीं, आप देख लीजिए हमारी पोस्ट। लेक्चर झाड़ना, रोटी कमाना। काल...
- धत् तेरे की ये क्या हुआ?...? अरे बेटे! विद्यार्थी कहाँ हैं दुनिया में। आध्यात्मिक क्षेत्र में तो खासकर विद्यार्थी नहीं हैं। न...
- धत् तेरे की?...? और कुछ काम करते हो? नहीं साहब! कुछ काम नहीं, आप देख लीजिए हमारी पोस्ट। लेक्चर झाड़ना, रोटी कमाना। कॉ...
- धन कहाँ है आपके पास?...? धन हमने तो कमाया ही नहीं; पर हमारे पूर्व जन्म का कमाया हुआ था, जो हमारे पिताजी छोड़कर मरे थे 2000 बीघ...
- धन की ताकत देखी है?...? बैंक में रुपया जमा कर दीजिए, ब्याज पर ब्याज मिलता चला जाएगा। यह तो हुई धन की ताकत। अब आप आध्यात्मिकत...
- धन के साथ में हमने अपनी अकल, बुद्धि, चिन्तन, वाणी, लेखनी सभी कुछ केवल भगवान के लिए लगाया, तो आपने देखा न कि हमारी बुद्धि, लेखनी का कितना विकास हुआ?...? यह सारा भगवान को सौंपने के कारण हुआ है। हमने तो एक साधारण परिवार में जन्म लिया, परन्तु भगवान ने हमें...
- धन क्या होता है?...? धन मित्रो ! उसे कहते हैं, जिसको हम अपना समझ लें कि वह हमारा धन है और वह खुशी देता है। कैसे? मतलब यह ...
- धन क्या होता है?...? धन मित्रो! उसे कहते हैं, जिसको हम अपना समझ लें कि वह हमारा धन है और वह खुशी देता है। कैसे? मतलब यह घ...
- धन क्यों निन्दनीय है?...? ६. कायर किसे कहा जाना चाहिए? ७. ठगने वाला अधिक घाटे में कैसे रहता है? (८) सिद्ध कीजिये ‘‘दूसरों को ...
- धन खर्च हो गया और धन के अलावा भी तो कुछ किया था न, हाँ और क्या किया था उनका ईमान खराब किया था, चरित्र खराब किया था न, दुखों और दर्दों की आग में ढकेल दिया था न, कितने आदमियों का कतल करने के बाद में कितनी आत्माओं ने चीत्कार किया होगा वो, पैसा ही तो चुका दिया, और वो उसका क्या हुआ?...? आम्रपाली ने अपने भावी जीवन को भूत काल की खाई को पाटने के लिए समर्पित कर दिया, वो सन्त हो गई। सन्त हो...
- धन पाकर हम लोग धन की उपासना में लग जायेंगे फिर ज्ञान जैसी अमूल्य सम्पत्ति का आदर कौन करेगा?...? राजा ने उन्हें प्रणाम किया और यह कह कर कि ‘‘तुम जैसे ब्राह्मणों से ही यह देश धन्य है—’’ वापस लौट आया...
- धन, पद, इंद्रिय सुख, प्रशंसा, स्वास्थ्य आदि कौन नहीं चाहता?...? वासना और तृष्णा की पूर्ति में कौन व्याकुल नहीं हैं? पेट और प्रजनन के लिए किसका चिन्तन नियोजित नहीं है...
- धन, बल, विद्या, कला वगैरह सम्पदाएँ क्या किसी ने बिना परिश्रम के कमा लीं?...? बिना पुरुषार्थ के कमाई जा सकीं? ना, कमाये नहीं जा सकेंगी! कठिन पुरुषार्थ करना पड़ता है उन्नति के लिए।...
- धन-दौलत के खजाने किसके खेत-आँगन में गढ़े हुए हैं, जिन्हें उखाड़कर मौज मजे के दिन गुजारे जायें और गुलछर्रे उड़ाये जायें?...? लॉटरी, जुआ, सट्टा के सामने भी शेखचिल्ली की तरह मनमोदक ही बने रहते हैं। चोर उचक्के भी काठ की हाँडी मे...
- धन—यह मत पूछिए कि हमारे पास कितना है?...? अभी पीछे वाली जमीन खरीदी है और जब अगली बार वसन्त पंचमी पर आप आवेंगे तो यहाँ नगर बसा हुआ मिलेगा, महल द...
- धरती पर स्वर्ग का अवतरण हो सकता है?...? हाँ बेटे! हो सकता है और होगा। कैसे होगा? थोड़े से सिद्धान्त हमारे पास हैं। गायत्री मंत्र में बीज रूप ...
- धरती बिना आबादी के रह गई है और क्या बुरे दिन नजदीक मालूम पड़ते हैं?...? सांख्यिकी के जानकारों से जब हम पूछते हैं कि क्या ख्याल है तो वे भी लगभग यही बात कहते हैं कि अगले दिन...
- धरती भाप बनकर हवा में उड़ गई तब तो कहना ही क्या?...? इस प्रकार की सम्भावना और चिन्ता का कोई कारण ही न रहेगा, जिसकी चर्चा इन पंक्तियों में की जा रही है।
...
- धर्म अगर हमारे पास होता, भक्ति हमारे पास होती तो अविद्या और अशिक्षा क्यों आती?...? आपके लिए नहीं कहता, मैं अपने लिए कहता हूँ। आज हमारी संख्या-हम पण्डितों की, सन्तों की, बाबाजियों की स...
- धर्म अगर हमारे पास होता, भक्ति हमारे पास होती तो अविद्या और अशिक्षा क्यों आती?...? आपके लिए नहीं कहता, मैं अपने लिए कहता हूँ। आज हमारी संख्या-हम पण्डितों की, सन्तों की, बाबाजियों की संख...
- धर्म एवं संस्कृति के लिए मर मिटने वाले वैरागी जोरावर सिंह का उदारहण अब कहाँ मिलेगा?...? पटेल, गाँधी, नेहरू, तिलक, अब्दुल कलाम आजाद जैसे निस्पृह, कैरियर पर लात मारकर स्वतन्त्रता संग्राम में...
- धर्म का प्रथम आधार क्या है?...? उसकी पृष्ठभूमि बतायें? ३. ईश्वर के सामने हमारी चतुरता क्यों नहीं चल सकती? ४. आस्तिकता को ही धर्म का ...
- धर्म किसे कहते हैं?...? अगर इसे आप जान लें, तो इससे कोई फायदा नहीं है। अध्यात्म क्या है? सारे के सारे उपनिषदों के व्याख्या...
- धर्म की आत्मा अपने स्थान से क्यों पदच्युत हुई और उसके स्थान पर अवांछनीयता कैसे आ विराजी?...? लोगों ने धर्मश्रद्धा के आवेग में अधार्मिकता को कैसे गले बाँध लिया? इस इतिहास की शृंखला को समझना ही प...
- धर्म की स्थापना के लिए भगवान् ने किसको-किसको पुकारा?...? समर्थ गुरु रामदास को पुकारा। उनसे कहा कि अरे! कहाँ चलता है नरक में, चल तेरे लिए दूसरा रास्ता खुला ...
- धर्म की स्थापना के लिए भगवान ने किसको-किसको पुकारा?...? समर्थ गुरु रामदास को पुकारा। उनसे कहा कि अरे! कहाँ चलता है नरक में, चल तेरे लिए दूसरा रास्ता खुला पड़...
- धर्म केवल पूजा-पाठ की प्रक्रिया नहीं है, वरन इस पूजा-पाठ की प्रक्रिया और धार्मिक क्रियाकृत्यों के पीछे और साथ-साथ में एक महती आवश्यकता जुड़ी हुई है कि हम व्यक्ति के अन्तरंग को, उसकी भावनाओं को कैसे ऊँचा उठाएँ?...? समाज के अन्दर फैली हुई धार्मिक वृत्तियों को कैसे बढ़ाएँ? ये सारे के सारे क्रिया-कलाप जिस माध्यम से और ...
- धर्म जीता और योग जीता और हारा कौन?...? 'मैं' हार गया, 'अहं' हार गया। रामचंद्र जी वनवास को चले गए और भरत जी नंदगाँव में जाकर के उसी तरह साधु...
- धर्म जीता और योग जीता और हारा कौन?...? 'मैं' हार गया, 'अहं' हार गया। रामचंद्र जी वनवास को चले गए और भरत जी नंदीग्राम में जा करके उसी तरह सा...
- धर्म होता है?...? देवी खून पीती है? देवी कभी खून नहीं पी सकती। जो देवी खून पीती हैं वो देवी कैसे हो सकती हैं? वो देवी ...
- धर्म-अध्यात्म में हम आपको क्या सिखाते हैं?...? जरा बताइए।
मित्रो! हम एक चीज यही सिखाते हैं कि आदमी की क्वालिटी कैसे बढ़ाई जाती है? यही अध्यात्म...
- धर्म-गुरुओं की शक्ति कम है क्या?...? धर्म-गुरुओं की शक्ति बड़ी है। अभी भी आपने देखा न, थोड़े दिन पहले सर आगा खाँ को तोला गया था। कितने करोड़...
- धर्मपत्नी का मिलता है?...? नहीं साहब, उसका भी नहीं मिलता। माता जी का मिलता है? नहीं माता जी का भी नहीं मिलता। पिता जी का? पिता ...
- धर्मपत्नी का मिलता है?...? नहीं साहब, उसका भी नहीं मिलता। माता जी का मिलता है? नहीं, माता जी का भी नहीं मिलता। पिता जी का? पिता...
- धर्मपत्नी का स्वास्थ्य कैसे अच्छा करेंगे?...? अपने जीवन को भी ठीक कैसे बनाएँगे? आप इस तरीके से योजनाएँ बनाने में, विचार करने में, विचारों को लगने ...
- धर्मपत्नी का स्वास्थ्य कैसे अच्छा करेंगे?...? अपने जीवन को भी ठीक कैसे बनाएँगे? आप इस तरीके से योजनाएँ बनाने में, विचार करने में, विचारों को लगने ...
- धर्मपत्नी के प्यार का, एक आत्मा का दूसरे आत्मा के साथ समर्पण का, उसके प्यार का अनुभव आदमी परिवार के अतिरिक्त और कहाँ कर सकता है?...? आप अपनी पत्नी के बिना यह सब कहाँ से लाएँगे? कहाँ से पाएँगे? कहाँ से सीखेंगे? आप वेश्यालय जाकर वासना ...
- धर्मपत्नी नहीं है तो कैसे करें?...? वास्तव में ब्रह्मचर्य जो खंडित होता है, आदमी की कल्पनाओं से होता है। शरीर की कोई बात नहीं है। शरीर म...
- धर्मपत्नी ने यह कहा कि जितना प्यार आप हमसे करते हैं, यदि उतना प्यार आप भगवान से करें, तो क्या-से हो सकता है?...? यह बात उनके मन में लग गई और लगने के बाद में उन्होंने अपने आपको बदल दिया। बदला हुआ जीवन तुलसीदास का आ...
- धर्मपत्नी से पूछता है कि क्या चाहिए आपको?...? पड़ोसी से पूछता है कि क्या चाहिए आपको? नौकर से पूछता है कि क्या चाहिए आपको? हर आदमी से पूछता है कि क...
- धर्मराज ने क्या किया?...? अर्जुन ने कौन-सा बड़ा काम किया? भीम ने किसका क्या किया? नकुल-सहदेव किस काम में लगे रहे? सबने मिल-जुल ...
- धर्मशाला में जगह है?...? हमें जगह दे दीजिए, हम ठहरना चाहते हैं। धर्मशाला वाला सबसे पहले आपसे पूछेगा कि आपका बिस्तर कहाँ ह...
- धर्मशाला में ठहरने की जगह है कि नहीं?...? धर्मशाला वाला कहता है कि आपके साथ और कौन-कौन हैं? आपका सामान कहाँ है?अरे भाई! गरमी के दिन हैं, साम...
- धर्मशाला में ठहरने की जगह है कि नहीं?...? धर्मशाला वाला कहता है कि आपके साथ और कौन-कौन है? आपका सामान कहाँ है? अरे भाई! गरमी के दिन हैं, सामान...
- धर्मशाला वाला कहता है कि आपके साथ और कौन-कौन हैं?...? आपका सामान कहाँ है?अरे भाई! गरमी के दिन हैं, सामान की क्या जरूरत है? अरे साहब! आजकल बड़ी भीड़ है। सा...
- धर्मशाला वाला कहता है कि आपके साथ और कौन-कौन है?...? आपका सामान कहाँ है? अरे भाई! गरमी के दिन हैं, सामान की क्या जरूरत है? अरे साहब! आजकल बड़ी भीड़ है। सार...
- धर्मशाला वाला सबसे पहले आपसे पूछेगा कि आपका बिस्तर कहाँ है?...? आपकी अटैची कहाँ है? बेडिंग कहाँ है। नहीं साहब! हमारे पास तो अटैची नहीं है और बेडिंग भी नहीं है। अच...
- धर्मशालाओं में जगह नहीं है?...? बसों में जगह नहीं है। गाड़ियों में जगह नहीं है। यह कौन पैदा हो रहा है? कीड़े पैदा हो रहे हैं, जैसे कि ...
- धर्मों का तो कहना ही क्या?...? एक दूसरे को झूठा बताते और सच्चाई की ठेकेदारी अपनी मानते हैं। विधर्मी को अपने धर्म में लाने के लिये...
- धातु के सिक्के या कागज के टुकड़े भला आदमी के लिए प्रत्यक्ष क्यों आकर्षक हो सकते हैं?...? पर चूँकि वर्तमान समाज व्यवस्था के अनुसार धन के द्वारा इन्द्रिय सुख के साधन प्राप्त होते हैं, मैत्री ...
- धार्मिकता क्या है?...? आस्तिकता क्या है? और जिस मिशन को ले करके हम चले हैं, उसका उद्देश्य क्या है? जहाँ आपको एक ही घण्टा ...
- धुनने से क्या मतलब है?...? इसका मतलब है—चरित्र। चरित्र से क्या मतलब है? ब्राह्मणत्व। मित्रो! में वहीं आ गया जहाँ से बात शुर...
- धूप घड़ी कैसे बनायी जाती है?...? लकड़ी का एक शंकु और पानी का एक घड़ा लेकर आपको समय बता सकता हूँ। इसी के आधार पर मैंने निशान लगा दिये थे...
- धूपबत्तियों में क्या ताकत हो सकती है?...? वह हवा को ठीक कर सकती है? दीपक में क्या ताकत हो सकती है? वह उजाला कर सकता है? नहीं, दीपक जीवात्मा मे...
- धूपबत्तियों में क्या ताकत हो सकती है?...? वह हवा को ठीक कर सकती है। दीपक में क्या ताकत हो सकती है? वह उजाला कर सकता है। हमारी जीवात्मा में...
- धूपबत्ती क्या है?...? धूपबत्ती एक कैंडिल का नाम है। एक सींक का नाम है। एक लकड़ी का नाम है। वह जलती रहती है और सुगन्ध फैलात...
- धूमधाम और देन दहेज के विवाह करने वालों को दूरगामी दुष्परिणामों का भान कहाँ होता है?...? मानवी दुर्भाग्यों में यह विडम्बना सबसे निकृष्ट और दुःखद है कि उसे इर्द-गिर्द नजर पसार कर घटित होने...
- धूर्त और बेईमान हैं और वे बेचारे भावुक, जो बेमौत मारे जाते हैं?...? जो अपना पैसा खराब करते हैं? समय खराब करते हैं? अकल खराब करते हैं? उनका नाम है-मूर्ख, जो कर्मकाण्डों...
- धूल उड़-उड़कर आँखों में जाती है?...? हाँ साहब! म्युनिसिपल बोर्ड की जब गाड़ी आती है, तो सारे के सारे धूल-धक्कड़ को दबाती हुई, पानी छिड़कती...
- धूल के कण और धूल के जर्रे हवा के साथ शामिल होने के बाद कहाँ तक चले जाते हैं?...? आसमान तक चले जाते हैं। राजा के मुकुट तक चले जाते हैं और मीनार तक चले जाते हैं। यही धूल के कण पहले चल...
- धृष्टता सवाल कहाँ रहा?...? इतना करने के बाद में एक और बड़प्पन की बात हो जाती है। फिर आप किफायतसार हो जाते हैं; आप का ढेरों-का सम...
- धोखा कैसे करेंगे?...? आपके साथ में बुरा व्यवहार कैसे करेंगे? आप राम हैं—हम कैसे कर सकते हैं? हमारी एक आँख में राम बना हुआ ...
- धोबी कैसे हैं?...? नहीं साहब! आप तो कहते थे कि हम पण्डित हैं? पण्डित तो हैं, परन्तु जाति से हम धोबी हैं। धोबी कैसे है...
- धोबी क्या करेगा?...? इसके ऊपर जो मलिनताएँ चढ़ी हुई हैं, उन मलिनताओं को वह पहले साफ करेगा; पापों को साफ करेगा; अनाचारों को...
- धोबी क्या करेगा?...? इसके ऊपर जो मलीनताएँ चढ़ी हुई हैं, उन मलीनताओं को वह पहले साफ करेगा; पापों को साफ करेगा; अनाचारों को ...
- धोबी तरुणकर कैसा है?...? ’’ सुनकर मुझे बहुत आश्चर्य हुआ। हम कभी पहले मिले नहीं और नाम लेकर पुकार रहे हैं! साथ ही पत्रिका देने...
- धोयें नहीं और मैले कपड़े पर रंग लगाना चाहें तो रंग कैसे चढ़ेगा?...? रंग आयेगा ही नहीं—गलत-सलत हो जायेगा। इसी प्रकार से अगर आप धातुओं को गरम नहीं करेंगे, तो उससे जेवर नह...
- ध्यान इस बात का रखते हैं कि क्या बात है कि बच्चे ने आज ठीक से नहीं खाया, क्या कुछ पसन्द नहीं आया?...? न हो तो कुछ अच्छी चीज बनवा दी जाये या बाजार से ही कुछ बढ़िया चीज ले दी जाये।ऐसा करने से बच्चे चटोरे औ...
- ध्यान कर कहाँ से आया और कहाँ जाना है?...? ध्यान का अर्थ—लक्ष्य का चिन्तन
मित्रो! ध्यान की यह प्रक्रिया भगवान को प्रसन्न करने के लिए नही...
- ध्यान करते थे?...? कोई ध्यान नहीं करते थे। तो शक्ति कहाँ से आती थी? शक्ति, बेटे! राम की आती थी। वे राम की शक्ति से उछलत...
- ध्यान का क्या मतलब है?...? ध्यान का मतलब है कि हमारे जीवन के दो पक्ष हैं। एक पक्ष वह है जो बाहर फैला हुआ पपड़ा है। हमारे कानों ...
- ध्यान किसका करना चाहिए?...? सविता गायत्री का देवता है। प्रात:काल के समय पर। प्रात:काल सूरज आपने देखा है न। गायत्री का सूरज इसे ह...
- ध्यान किसका करना चाहिए?...? सविता गायत्री का देवता है। प्रातःकाल के समय पर प्रातःकाल का सूरज आपने देखा है न? गायत्री का सूरज इसे...
- ध्यान किसका किया जाता है?...? स्वयं का या भगवान् का? बेटे स्वयं तो क्या और भगवान् तो क्या दोनों एक ही हैं। स्वयं का विकसित रूप ही ...
- ध्यान किसे कहते हैं?...? हमारे मस्तिष्क की जो शक्तियाँ फैलती रहती हैं, उसे एक जगह एकाग्र करना ही ध्यान है। एक छोटे-से शीशे के...
- ध्यान की एकाग्रता में क्या रखा है?...? आप चाहे घण्टों बैठें। ध्यान ही नहीं, समग्र जीवन की एकाग्रता। हमने अपने आपको ब्राह्मण बनाने की कोशिश ...
- ध्यान के लिए कोठरी में बैठ सकते हैं, पर ध्यान से उद्देश्य कहाँ पूरा होगा?...? ध्यान से आज तक किसी का कोई उद्देश्य कहाँ पूरा हुआ है? जीवन के विकास से उद्देश्य पूरा हुआ है। जीवन के...
- ध्यान के लिए जो हमने यह बताया कि आप प्रकाश का ध्यान किया कीजिए, तो कहाँ-कहाँ प्रकाश का ध्यान किया करें?...? अभी स्वर्ण जयंती साधना वर्ष में हमने आपको तीन जगह ध्यान करने के लिए कहा है। एक आप मस्तिष्क में ध्यान...
- ध्यान कैसे करेंगे?...? अगर ध्यान न कर सके तो क्या हो जाएगा? देख बेटे, तुझे मैं थोड़े से नाम बताता हूँ, जो ध्यान न कर सके, ल...
- ध्यान कैसे करेंगे?...? अगर ध्यान न कर सके तो क्या हो जाएगा? देख बेटे, तुझे मैं थोड़े से नाम बताता हूँ, जो ध्यान न कर सके, ल...
- ध्यान दीजिए, यह दृश्य कहीं अपने यहाँ का ही तो नहीं है?...? ? यदि ऐसा ही है तो हमें मानना चाहिए कि हम घर में नहीं, नरक में रह रहे हैं।
हम घर की थोड़ी बहुत सफ...
- ध्यान में आपने क्या देखा?...? भगवान को देखा, मुझे नहीं मालूम। नहीं साहब! हमको ध्यान में हनुमान जी दिखते हैं। यह तो अच्छी बात है।...
- ध्यान में लगेगा?...? भजन में लगेगा? नहीं लगेगा। इसको लगाना पड़ता है।...
- ध्यान में हमारा मन भाग जाएगा तो?...? तो भागने दीजिए, इससे आपके ध्यान में कोई फरक नहीं पड़ने वाला है। कैसे? चलिए मैं विधि बता देता हूँ। आप...
- ध्यान लग जाएगा फिर पाप का दण्ड कहाँ जाएगा?...? इसीलिए वह आसुरी शक्तियाँ शुभ-कर्मों में बराबर विघ्न उपस्थित करती रहती है। आसुरी शक्तियों से क्या मतल...
- ध्यान से आज तक किसी का कोई उद्देश्य कहाँ पूरा हुआ है?...? जीवन के विकास से उद्देश्य पूरा हुआ है। जीवन के विकास के लिए सहायता की आवश्यकता होती है और साथियों की...
- ध्यान-धारणा की थी?...? सुग्रीव जी ले आये थे, कुछ नहीं की थी। बन्दर थे खाली तब। जब भगवान से मुलाकात हो गयी, तो भगवान से जब म...
- ध्यानयोग किसे कहते हैं?...? योग को। योग की व्याख्या कीजिए? योग की व्याख्या है—ध्यानयोग। ध्यानयोग के बहुत से तरीके हैं। इनमें से ...
- ध्यानयोग किसे कहते हैं?...? योग को। योग की व्याख्या कीजिए। योग की व्याख्या है-ध्यानयोग। ध्यानयोग के बहुत से तरीके हैं। इनमें से ...
- ध्रुव का नाम सुना है न?...? ध्रुव क्या हो गए थे? वो बहुत बड़े भक्त हो गये थे; तीनों लोकों के स्वामी हो गए थे; आकाश में रहते थे; भ...
- ध्रुव के भाई-बहन और भी तो होंगे, उनके पास क्यों नहीं गए?...? उनसे क्यों नहीं कहा? नहीं, नारद जी कह नहीं सकते थे। जो आदमी अपना निश्चय स्वयं करता है, उसी की दूसरे ...
- ध्रुव क्या हो गए थे?...? वो बहुत बड़े भक्त हो गये थे; तीनों लोकों के स्वामी हो गए थे; आकाश में रहते थे; भगवान के प्यारे हो गए ...
- ध्रुव जी क्या करते थे?...? तप करते थे। अच्छा, पार्वती जी ने ब्याह कर लिया। हाँ! शंकर भगवान तो मना करते थे कि हम तो ब्याह नहीं...
- ध्रुव पिघलने लगें, समुद्रों में भयंकर बाढ़ आ जाए, हिमयुग लौट पड़े, पृथ्वी के रक्षा कवच ओजोन में बढ़ते जाने वाले छेद, पृथ्वी पर घातक ब्रह्माण्डीय किरणें बरसाएँ और जो कुछ यहाँ सुन्दर दीख रहा है, वह सभी जल-भुनकर खाक हो जाए—ऐसी परिस्थितियाँ उत्पन्न करने वाले विज्ञान-विकास को किस प्रकार सराहा जाए?...? भले ही उसने थोड़े सुविधा-साधन बढ़ाएँ हों।इसे विज्ञान-विकास से उत्पन्न हुआ उन्माद ही कहना चाहिए, जिसन...
- ध्वनि की प्रतिध्वनि होती है न?...? जिस तरह हम कुएँ में झाँककर देखते हैं और आवाज लगाते हैं, तो उसमें से आवाज आती है। ऐसी ही प्रतिध्वनि...
- न आपके पास कुछ था और न आपके पास रखा जा सकता है?...? आपके मरने के बाद आपकी चीजें, आपके साले की हो जाती हैं, बहनोई की हो जाती हैं, भतीजे की हो जाती ...
- न इतना धैर्य है और न इतना अवकाश, अवसर कि वंश परम्परा के साथ जुड़ी हुई विशेषताओं में क्रमिक परिवर्तन की आशा लगाये बैठा रहा जाय और सुधार प्रयत्नों से होने वाले अत्यन्त धीमे परिवर्तन पर सन्तोष किया जाय?...? विकासवाद के अनुसार प्राणियों को आदिम काल से लेकर अर्वाचीन परिणति तक पहुँचने में लाखों वर्ष लगे हैं औ...
- न ऐसा नहीं है, तब क्या है?...? , नैवेद्य का अर्थ है मिठास - हम अपने आप (को मिठास) (मीठा) मीठा जीवन जिएँ। (हम) हमारे (व्यवहार) में म...
- न करें तब?...? न करें तब, बेटे सुई में टिटनेस के कीटाणु लगे हो सकते हैं और हमारे खून में जा करके हमें अच्छा करने के...
- न केवल समाज की सेवा बल्कि यह भी कि आज की समस्याएँ क्या हैं?...? गुत्थियों का हल और समाधान निकालने के लिए क्या कदम बढ़ाए जाने चाहिए और किस तरीके से काम करना चाहिए? यह...
- न कोई गाय है, न कोई बैल, फिर कैसी गोसेवा?...? अरे साहब ! हमारी ये इंद्रियाँ ही गाय हैं। हमारी जो जीभ है, यह गाय है। जीभ को हम मिठाई खिलाते हैं, कॉ...
- न कोई गाय है, न कोई बैल, फिर कैसी गोसेवा?...? अरे साहब! हमारी ये इंद्रियाँ ही गाय हैं। हमारी जो जीभ है, यह गाय है। जीभ को हम मिठाई खिलाते हैं, कॉफ...
- न कोई मेहनत, परिश्रम करके फोकट में ही पैसा मिल जाता है, तो फिर परिश्रम को साथ-साथ में क्यों जोड़ा जाए?...? परिश्रम का मतलब ही तो पैसा होता है और पैसा किसे कहते हैं? आदमी की शारीरिक और मानसिक मेहनत का नाम पैस...
- न घर है, न कोई साधन?...? आप तो राजकुमारी हैं। सुख-सुविधाओं में पली हैं। आपको तो अनेक वर मिल जाएँगे।" आपको पता है कि फिर पार्व...
- न चला जाता है, न दिखाई देता है—ऐसे व्यक्ति का हम क्या करेंगे?...? मुस्तैद आदमी वहाँ से युग- शिल्पी शिविर में भेजने के लिए आप लोगों से प्रार्थना की है और आप लोगों से य...
- न छोड़ें तब?...? जो कुछ भी पल्ले पड़ा है, उसको कृपण के तरीके से, कंजूस के तरीके से दाब के बैठ जाएँ, अपने ही खर्चे के ल...
- न जाने इनमें से कौन गाँधी है, नेहरू है, सुभाष बोस है, खुदीराम है?...? प्रत्येक के अन्दर की मौलिक क्षमता को निखारने का प्रयास करेंगे। चार घण्टों की सरकारी पढ़ाई व बीस घण्टो...
- न जाने उनको क्या-क्या दिया?...? यह एक घटना सुना करके मैं अपनी बात आगे को लेकर चलना चाहूँगा। विवेकानन्द जब अमेरिका से लौटकर हिंदुस्ता...
- न जाने कहाँ से जादू का मैग्नेट खिंचता हुआ चला आता है?...? आज गुरुकुल में लाखों-करोड़ों रुपये की सम्पत्ति के मकान खड़े हुए हैं और विश्वविद्यालय खड़ा हुआ है। जिन...
- न जाने कितनी पार्टियाँ, कितने नेता, कितने पेपर यह सारा बर्बाद हो गया है?...? आज गायत्री जयंती के पुनीत पर्व पर हम देहातों में चलें। हिन्दुस्तान की आत्मा-आबादी देहातों में बसती ह...
- न जाने कितने लोगों से हमने क्या-क्या लिया?...? हमारा यह काम है कि जब हम संसार से जायँ, तो हम सबका कर्ज चुकाते हुए जायँ। कर्ज चुकाने की विद्या का ना...
- न जाने किस तरीके से साँस ले रही है और कैसे दिन बिता रही है?...? नहीं साहब! मेरा तो वंश चलना चाहिए। इस राक्षस का, दुष्ट का वंश चलना चाहिए। ये क्या है? ये बेटे, कसाईप...
- न जाने कृपण-कंजूसों की भूमिका निभाते हुए लोग, अपने लिए, महामानवों को प्राप्त होने वाली उपलब्धियों की कल्पना क्यों करते रहते हैं?...? पाँच से पच्चीस का विकास क्रम अपनाने की अनिवार्यता के लिए युग पुरुषों जैसा विस्तार क्रम अपनाने पर पूर...
- न जाने कैसे आ गयी?...? मुझे मालूम पड़ता है कि मनुष्य के उन्नति करने का सारा का सारा आधार यही रहा है कि उसने कॉपी करना सीखा...
- न जाने कौन किस काम जा जाए?...? देवता क्या बहुत सारे हैं? देवता मित्रो! बहुत सारे हैं नहीं। वो बहुत देवता नहीं हो सकते और बहुत सारे ...
- न जाने क्या-क्या खेल कराता चला जाता है?...? इसने मुझे बहुत परेशान किया है और भगवान को भी। जबकि भगवान जानता है कि अपने प्यारे बच्चे को सुखी बनाने...
- न जाने क्या-क्या फरमाइशें उनकी चालू हो जाएँगी?...? आप उनकी फरमाइशों को पूरा करके उनको प्रसन्न रखने की कोशिश करेंगे, तो निराश रहेंगे। फिर न आपको प्रसन्न...
- न जाने क्या-से बना देता है?...? वो काली को इस बात के लिए मजबूर कर देता है कि उसको रोटी खानी ही चाहिए। रामकृष्ण परमहंस की काली रोटी ख...
- न जाने यह प्रसंग कैसे आ गया?...? दिमाग में आ जाता है, तो वह निकल जाता है, इससे आपको कोई ताल्लुक है? नहीं है।
इससे एक ही ताल्लुक है...
- न जाने यह प्रसंग कैसे आ गया?...? दिमाग में आ जाता है, तो वह निकल जाता है, इससे आपको कोई ताल्लुक है? नहीं है। इससे एक ही ताल्लुक है कि...
- न जाने लोगों ने क्या कर दिया, लोगों ने क्या व्याख्या कर दी?...? उपासना को, साधना को लोगों ने जादू मान लिया। अध्यात्म को मनोकामना पूरा करने का जादू मान लिया; यह जादू...
- न जाने, क्यों इसकी आवश्यकता नहीं समझी?...? न जाने क्यों उपेक्षा करने लगे कि हमारा व्यक्तित्व गन्दा बना रहे, तो बना रहे। हम तो भजन करेंगे और भगव...
- न तो योग्यता बढ़ाता है?...? न श्रम में विश्वास करता है। न श्रम के साथ मनोयोग लगाता है। श्रम के साथ मन तो लगाता नहीं है। मनोयोग ल...
- न मालूम आप में से कौन क्या बन सकता है; न मालूम आप में से कौन गाँधी बन सकता है; न मालूम आप में से कौन विनोबा बन सकता है; न मालूम आप में से कौन क्या बन सकते हैं?...? लेकिन अपनी संकीर्णताओं को तो आप छोड़िए न।
उनको तो यहीं छोड़ जाइए, आप शान्तिकुञ्ज में ही उनका दमन कर...
- न मालूम आप में से कौन क्या बन सकता है?...? आपको कल्पना नहीं है, हमको कल्पना है कि न मालूम, आप से लेकर के आगे आने वाली पीढ़ी से लेकर के न मालूम ...
- न मालूम आपमें से कौन-कौन हस्ती क्या-क्या हो सकता है, पर उसके लायक आपको बनना पड़ेगा?...? अपने को धोना पड़ेगा। अपनी धुलाई करनी पड़ेगी, कसाई करनी पड़ेगी, रँगाई करनी पड़ेगी। ऊपर से भी रंगो और ...
- न मालूम कब कौन-सा देवता किस काम आ जाए?...? आपमें से कोई वकील है, कोई डॉक्टर है, कोई इंजीनियर है, कोई प्रोफेसर है, न जाने किससे काम पड़ जाए? सब क...
- न मालूम किसको क्या मिल जाता है बाप-दादों की कमाई से?...? बाप-दादों की कमाई से मिनिस्टरों के लड़के-लड़कियों को ऐसे-ऐसे काम मिल जाते हैं, ऐसे-ऐसे धंधे मिल जा...
- न मालूम किसको क्या मिल जाता है बाप-दादों की कमाई से?...? बाप-दादों की कमाई से मिनिस्टरों के लड़के-लड़कियों को ऐसे-ऐसे काम मिल जाते हैं, ऐसे-ऐसे धंधे मिल जाते ह...
- न मालूम क्या होता है?...? इसी ने सब चौपट किया है। चौपट इनसान ने नहीं किया है, देवत्व ने नहीं किया है, उसे हैवान ने चौपट किया ह...
- न मालूम क्यों?...? यह हमारे जन्मजात संस्कार ही कहना चाहिए कि मूल प्रवृत्ति जो थी, वह सन्त जैसा जीवन जीने की, ऋषि जैसी जि...
- न मिलती हो तो क्या?...? अपना कर्तव्य पालन करने का अगर एक लक्ष्य बना लें, तो फिर जिस स्थिति में रहना पड़ रहा है, उसी में हम प्...
- न मिलने की बात कहाँ बन पड़ी?...? मात्र कार्यशैली में ही राई रत्ती परिवर्तन हुआ। मिलने-जुलने वालों का वर्ग एवं विषय भर बदला। ऐसी दशा म...
- न यह काम करने होते तो फिर मैं एकान्त में क्यों बैठता?...? फिर मैं सबसे मिलना-जुलना क्यों बन्द करता? यह जगह-जगह जाने वाली बात और फूलमाला पहनाने वाली बात को मैं...
- न सोचेंगे, है ही नहीं काम तो करेंगे क्या?...? कोई कपड़ा लाता है तो सोचते हैं क्यों इसका तिरस्कार करें। भावनावश लाता है, मना करें तो कहेंगे हमारी भ...
- न हम दिखाई पड़ते हैं और न ही हमारी आवाज आपके अन्तःकरण में जाती है, तो फिर परिवर्तन कैसे होगा?...? माला को लेकर बैठा रहता है। उससे क्या होगा? जा वैकुण्ठ चला जा। वहाँ तेरे स्वागत के लिए खड़े हैं द्वार...
- न हमको किसी अभागे ने कभी यह बताया कि अध्यात्म किस चीज का नाम है?...? उपासना के पीछे जो फिलॉसफी छिपी हुई है, जो तत्त्वज्ञान छिपा हुआ है, कोई सिखाने नहीं आया सिर्फ छिलके औ...
- न हुआ तब?...? तब तो आपने अपनी खुशी दूसरों के हाथ में गिरवी रख दी न? आपकी बीबी हँसी-खुशी से रहेगी और आपकी आज्ञा का ...
- न हुआ तब?...? तब तो आपने अपनी खुशी दूसरी के हाथ में गिरवी रख दी न? आपकी बीवी हँसी -खुशी से रहेगी और आपकी आज्ञा का ...
- न होते तब बालि के साथ लड़ाई की होती और अपने बॉस की बीबी को नहीं छिनने दिया होता और अपनी जायदाद नहीं छिनने दी होती, लेकिन जब हनुमान जी ने समय को पहचान लिया और रामचंद्र जी के कन्धे से कंधा मिलाया, कदम से कदम मिलाया तो क्या आप समझ सकते हैं कि किसी महत्त्वपूर्ण शक्ति के साथ कंधा मिलाने की क्या कीमत हो सकती है?...? क्या फायदा हो सकता है? आप तो अंदाज नहीं लगा पा रहे हैं, लेकिन हनुमान जी ने लगा लिया था और वह हिम्मत ...
- नंबरदार के डिब्बे से कुछ निकाला नहीं क्या?...? अरे साहब क्या निकालना? ये अपने आदमी हैं और झटका मार दिया। एक छटाँक पहले काट लिया और एक छटाँक यह ...
- नई दिशाएँ पैदा नहीं कर सकते?...? मुट्ठी भर निकलने वाली अखण्ड ज्योति क्या गजब ढा रही है, आप देख नहीं रहे हैं?...
- नई पीढ़ियों को देखकर हम सोचते हैं कि यह क्या हो गया है?...? अच्छे घरों में पैदा हुए बच्चों को क्या हो गया है? ये खराब आदत के बच्चे कहाँ से आ गए? जब हम गहराई से ...
- नई बात यह है कि यह मिशन हमने कितने परिश्रम से बनाया?...? कितना विस्तार इसका हो गया, कितना फैल गया, कितना खुल गया? कितना विस्तार होता जाता है? आप सुनते रहते ह...
- नई सुविधाजनक वस्तुओं का विरोध कोई इसलिए नहीं करता है कि उन्हें पूर्वज प्रयोग नहीं करते थे, तो अब हम क्यों करें?...? ठण्ढक के दिनों में जो कपड़े पहने जाते हैं, उन्हें गरमी के दिनों में कोई नहीं पहनता। इसी प्रकार गरमी ...
- नए जन्म में क्या करना चाहिए?...? आपकी सारी बुद्धिमानी इस बात पर टिकी हुई है, (कि आप) अपने जीवन की सम्पदा का किस तरीके से उपयोग किया। ...
- नकद धर्म कैसा होता है?...? जो ध्यान हम आपको सिखाना चाहते हैं, उसमें तीन सिद्धियाँ हैं। चौथी सिद्धि तो उसका ब्याज है। मूलधन वह ह...
- नकद धर्म कैसा होता है?...? जो ध्यान हम आपको सिखाना चाहते हैं, उसमें तीन सिद्धियाँ हैं। चौथी सिद्धि तो उसका ब्याज है। मूलधन वह ह...
- नकल करने का गुण उसकी ऐसी विशेषता है कि हम कुछ कह नहीं सकते कि यह कहाँ से आ गयी और क्यों आ गयी?...? न जाने कैसे आ गयी? मुझे मालूम पड़ता है कि मनुष्य के उन्नति करने का सारा का सारा आधार यही रहा है क...
- नकल बनानी है, तो ऐसी नकल करेगा, घटिया वाली नकल?...? नहीं! तुझे रुद्राक्ष की माला चाहिए तो यह ले जा बेटे, मेरी ले जा। नहीं गुरुजी! आपकी नहीं लेंगे, इससे ...
- नकल बनानी है, तो ऐसी नकल बनाएगा, घटिया वाली नकल?...? नहीं! तुझे रुद्राक्ष की माला चाहिए, तो यह ले जा बेटे, मेरी ले जा। नहीं गुरुजी! आपकी नहीं लेंगे, इससे...
- नकुल-सहदेव किस काम में लगे रहे?...? सबने मिल-जुल कर के सिर्फ एक ही काम किया—भगवान ने गोवर्द्धन उठाया, भगवान के काम आये। ये कैसे सम्भव हु...
- नक्शा अगर हमारे पास नहीं है तो हम किस तरीके से आपको सड़क दिखा पाएँगे?...? अथवा आपको टाइम-टेबिल कैसे बताएँगे कि कौन सी रेलगाड़ी कहाँ से कहाँ तक जाएगी? और आपको किस गाड़ी से या ...
- नक्शा अगर हमारे पास नहीं है तो हम किस तरीके से आपको सड़क दिखा पाएँगे?...? अथवा आपको टाइम टेबिल कैसे बताएँगे कि कौन सी रेलगाड़ी कहाँ से कहाँ तक जाएगी? और आपको किस गाड़ी से या बस...
- नक्शा कैसे बनेगा?...? सारी-की चीजें बना करके एक मॉडल तैयार कर लिया गया। आप दयालबाग के म्यूजियम में जाइए और तलाश करके यह प...
- नजदीक आ जाएँ?...? बस वही तो मैं कह रहा हूँ। नजदीक आने का एक तरीका है। वो तरीका है अपने आप को सौंप देना और होम देना। उस...
- नजदीक न हों तब?...? आपस में न मिलें तब? तब सीप के लिए सम्भव नहीं है कि वह मोती पैदा कर सके। यही बात भगवान के सम्बन्ध में...
- नट किसी को पहलवान बना सकते हैं?...? नट पहलवान नहीं बना सकते। अगर पहलवान बनना हो, तो आपको दूसरे लोग तलाश करने पड़ेंगे। इसके लिए आपको बाब...
- नट जो है, वह जनता का क्या मार्गदर्शन कर सकता है?...? नट किसी को पहलवान बना सकते हैं? नट पहलवान नहीं बना सकते। अगर पहलवान बनना हो, तो आपको दूसरे लोग तला...
- नदियाँ कल-कल करती हुई बहती हैं, क्या आप इनका आनन्द नहीं ले सकते?...? आपको इनका आनन्द लेना चाहिए और आप को कलाकार होना चाहिए। जिन्दगी जीने की कला को आपको समझना चाहिए। जि...
- नदी में नहीं चल सकते?...? नदी में नहीं चलते, तो आप चले जाइए नदी में, गंगाजी में वो चलते हैं। वहाँ तो सुख गई होंगी। क्यों? बहुत...
- नन्दिनी का दूध तो अमरत्व के लिये है, इसलिये उससे अपना कोई प्रयोजन भी तो सिद्ध नहीं होता?...? ’’ प्रभास ने अपनी धर्म-पत्नी को सब प्रकार से समझाया। पर वे नहीं मानीं। उन्होंने कहा-‘‘ऐसा मैं अपने ल...
- नन्दिनी किसे कहते हैं?...? नन्दिनी बेटे गायत्री मंत्र को कहते हैं। हमारी नन्दिनी गौ को चराइए। रानी ने और उन्होंने दोनों ने तप क...
- नन्ही सी बालिका एक नन्हा सा कीड़ा लेकर आई बोली-पिताजी इसका क्या नाम है?...? उन सज्जन को उस मकोड़े के नाम का ही नहीं पता था। उसे अपने शिक्षा के अहंकार पर बड़ी ग्लानि हुई। (२) एक ...
- नफा हुआ और इतना नफा हुआ कि हम आपसे क्या कहें?...? भावनाओं का करें योगदान
बेटे ! जो ये कहते हैं कि हमारे पास बच्चा नहीं है, अरे बेटे ! हमसे ले जाओ। ए...
- नब्ज में क्या देखते हैं?...? यह देखते हैं कि दिल में धड़कन कितनी है। धड़कन के अलावा टेम्प्रेचर कितना है। इसके लिए थर्मामीटर लगाते...
- नब्बे वर्ष की उम्र हो न हो, कौन कह सकता है?...? लेकिन हम आपकी देखभाल बराबर करते रहेंगे। गायत्री परिवार वाले लोग हमारे बहुत प्राणों से भी प्यारे हैं।...
- नम: शिवाय-नम: शिवाय और क्या कह रहा है?...? श्रीकृष्ण शरणं मम्-श्रीकृष्ण शरणं मम्। श्रीकृष्ण मेरी शरण में आ जा, इसका मैंने ये अर्थ लगाया। इससे क...
- नमः शिवाय से क्या हो जाएगा?...? सारे विश्व में तेरा यश हो जाएगा और तू अजर-अमर हो जाएगा। सारी दुनिया का कल्याण हो जाएगा। ऐसा हो जायगा...
- नमः शिवाय-नमः शिवाय और क्या कह रहा है?...? श्रीकृष्ण शरणं मम-श्रीकृष्ण शरणं मम। श्रीकृष्ण मेरी शरण में आ जा, इसका मैंने ये अर्थ लगाया। इससे क्य...
- नमक कोई जहर है?...? हम तो यही चाहते हैं कि आपकी जीभ जो लप-लप खाती रहती हैं, उस पर काबू करें, उस पर कंट्रोल करें। उसको ...
- नमक नहीं खायेंगे तो कमजोर तो नहीं हो जायेंगे?...? कमजोर हो जायेगा, तो पहले बिना नमक का भोजन कर लिया कर, पीछे से नमक खाकर पानी पी लिया कर। अस्वाद व...
- नमक में क्या आफत है?...? नमक कोई जहर है? हम तो यही चाहते हैं कि आपकी जीभ जो लप-लप खाती रहती हैं, उस पर काबू करें, उस पर क...
- नमक से क्या हो जाएगा?...? बेटे, हम क्या बताएँ क्या हो जाएगा? बना करके देख जरा, नमक से बगावत पैदा होगी। नमक से? हाँ बेटे, नमक स...
- नमक से क्या हो जाएगा?...? बेटे, हम क्या बताएँ क्या हो जाएगा बना करके देख जरा, नमक से बगावत? पैदा होगी। नमक से? हाँ बेटे, नमक स...
- नमक से स्वराज्य आता है कहीं?...? आज हम देखते हैं कि नमक सत्याग्रह कैसे सफल हुआ?25 कुण्डीय यज्ञों का आयोजन भी गायत्री महापुरश्चरण की शृ...
- नमन क्या होता है?...? बेटे, मस्तक झुकाइए और हाथ जोड़िए, यह हो गया नमन। जप दो मिनट से लेकर पाँच मिनट के भीतर। यदि स्नान आप ...
- नमन क्या होता है?...? बेटे, मस्तक झुकाइए और हाथ जोड़िए यह हो गया नमन। जप दो मिनट से लेकर पाँच मिनट के भीतर। यदि स्नान आप न...
- नमस्कार होते ही उसने एक बत्ती बुझा दी और बोला हम बेकार में बत्ती क्यों जलाएँ?...? जितनी देर तक आप से बातें करनी हैं, उतनी देर में इतने पैसे की बिजली जलेगी। बिजली बन्द करने के बाद आपस ...
- नमूने का गुरु कैसा होना चाहिए?...? नमूने का साधु कैसा होना चाहिए? नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और गुरुजी का शिष्य कैसा होना चा...
- नमूने का गुरु कैसा होना चाहिए?...? नमूने का साधु कैसा होना चाहिए? नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और गुरुजी का शिष्य कैसा होना चाहिए?...
- नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और गुरुजी का शिष्य कैसा होना चाहिए?...? ये सारी की सारी जिम्मेदारियाँ हमने अनायास ही नहीं लाद दी हैं-आप पर। आपको बोलना न आता हो, तो कोई शि...
- नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और गुरुजी का शिष्य कैसा होना चाहिए?...? ये सारी की सारी जिम्मेदारियाँ हमने अनायास ही नहीं लाद दी हैं-आप पर। आपको बोलना न आता हो, तो कोई शिका...
- नमूने का साधु कैसा होना चाहिए?...? नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और गुरुजी का शिष्य कैसा होना चाहिए? ये सारी की सारी जिम्मेदारिया...
- नमूने का साधु कैसा होना चाहिए?...? नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और गुरुजी का शिष्य कैसा होना चाहिए? ये सारी की सारी जिम्मेदारियाँ ...
- नमूने के लिए अब ऐसे मन्दिर बनाए जा सकते हैं, जिनमें प्रयोगशाला के तरीके से लोग देख पाएँ कि मन्दिरों का सही इस्तेमाल क्या हो सकता है और क्या होना चाहिए?...? हमने गायत्री तपोभूमि का मन्दिर लोगों के सामने एक नमूना पेश करने की खातिर बनाया है। यों तो अपने देश ...
- नमूने के लिए अब ऐसे मन्दिर बनाए जा सकते हैं, जिनमें प्रयोगशाला के तरीके से लोग देख पाएँ कि मन्दिरों का सही इस्तेमाल क्या हो सकता है और क्या होना चाहिए?...? हमने गायत्री तपोभूमि का मन्दिर लोगों के सामने एक नमूना पेश करने की खातिर बनाया है। यों तो अपने देश मे...
- नमूने के लिए अब ऐसे मन्दिर बनाए जा सकते हैं, जिनमें प्रयोगशाला के तरीके से लोग देख पाएँ कि मन्दिरों का सही इस्तेमाल क्या हो सकता है और क्या होना चाहिए?...? हमने गायत्री तपोभूमि का मन्दिर लोगों के सामने एक नमूना पेश करने की खातिर बनाया है। यों तो अपने देश मे...
- नम्र होते हैं उसके प्रति, सहज ही श्रद्धा करते हैं, तो भगवान उससे भी घटिया है क्या?...? भगवान की दोस्ती बड़ी लाभदायक है और ऐसी लाभदायक होती है कि उसका प्रतिफल आपके रूप में दिखाई पड़ता है। ...
- नम्र होते हैं, उसके प्रति सहज ही श्रद्धा करते हैं, तो भगवान क्या उससे भी घटिया है क्या?...? भगवान की दोस्ती बड़ी लाभदायक है और ऐसी लाभदायक होती है कि उसका प्रतिफल आपके रूप में दिखाई पड़ता है। ...
- नया उदाहरण अपने समय के इस प्रयोग-परीक्षण को समझा जा सकता है कि गंगा के याचना न करने पर भी हिमालय किस प्रकार कभी न सूखने वाली जलराशि प्रदान करता रहता है?...? अपनाए गए क्रिया-कलापों में कितनी जनशक्ति की, कितनी धनशक्ति की, कितने साधनों की आवश्यकता पड़ती है और ...
- नया कपड़ा पहनने को जरा-सी उमा जब मचलती है तो आपको क्या होता है?...? नया कपड़ा पहनने में आपको क्या मुसीबत है। मरने में आपको इस बात का भय है कि जिन्दगी को आपने बुरी तर...
- नया जमाना कौन लाता है?...? एक हवा आती है। ठीक है गुरुजी कहते हैं कि एक हवा आती है। नहीं बेटे, अकेले गुरुजी के कहने से कोई फ...
- नया जमाना कौन लाता है?...? एक हवा आती है। ठीक है गुरुजी कहते हैं कि एक हवा आती है। नहीं बेटे, अकेले गुरुजी के कहने से कोई फायदा...
- नया युग कैसे आयेगा?...? नये युग में क्या-क्या बातें होंगी? यह सब बातें फरवरी के अंक में होंगी। ‘अखण्ड-ज्योति’ का जो स्वर्ण-ज...
- नया युग लाने के लिए, नये युग के निर्माण के लिए जो समय की जरूरत पड़ेगी, अकल की जरूरत पड़ेगी, पैसे की जरूरत पड़ेगी, वह हम कहाँ से लायेंगे?...? हम चन्दा कहाँ से करेंगे? किसके ऊपर दबाव डालेंगे? किसको प्रेस करेंगे? हम प्रयास कहाँ से करेंगे? कौन...
- नया युग लाने के लिए तो हमें फिर वहीं से आरम्भ करना होगा, जहाँ हमारे ऊपर यह बात लागू होती है कि त्याग और बलिदान का प्रश्न आए तो हम कहाँ होते हैं?...? बगलें झाँकते हैं या आगे बढ़-चढ़कर लग जाते हैं।मित्रो! हमारी संस्कृति में त्याग-बलिदान की परम्पराएँ आदि...
- नया युग लाने के लिए, तो हमें फिर वहीं से आरम्भ करना होगा, जहाँ हमारे ऊपर यह बात लागू होती है कि त्याग और बलिदान का प्रश्न आए, तो हम कहाँ होते हैं?...? बगलें झाँकते हैं या आगे बढ़ चढ़कर लग जाते हैं।सबसे पहले स्वयंमित्रो! हमारी संस्कृति में त्याग-बलिदान क...
- नयी सुविधाजनक वस्तुओं का विरोध कोई इसलिये नहीं करता है कि उन्हें पूर्वज प्रयोग नहीं करते थे, तो अब हम क्यों करें?...? ठण्डक के दिनों में जो कपड़े पहने जाते हैं उन्हें गर्मी के दिनों में कोई नहीं पहनता—इसी प्रकार गर्मी ...
- नये युग में क्या-क्या बातें होंगी?...? यह सब बातें फरवरी के अंक में होंगी। ‘अखण्ड-ज्योति’ का जो स्वर्ण-जयंती वर्ष है, यह भी बड़ा शानदार वर्ष...
- नये युग में जाति और वंश की परम्परा में फर्क रहेगा?...? नहीं बेटे, फर्क नहीं रहेगा। दोनों को अगले दिनों एक रहना पड़ेगा। बेटे, हम ऐसा जमाना ला रहे हैं। हम नही...
- नर और नारी एक समान वाली बात है?...? आप बार-बार कहते हैं न, नर और नारी को समानता का दर्जा मिलना चाहिए, इसका प्रयोग आप अपने घर में नहीं कर...
- नर ने अपनी कठोर, प्रकृति के आधार पर पराक्रम भले ही कितना क्यों न किया हो?...? पर उसी की अहंकारी उद्दण्डता ने अनाचार का माहौल बनाया है। स्रष्टा की इच्छा है कि स्नेह, सहयोग, सृ...
- नर ने उसका अभिवन्दन करने के स्थान पर उस पर आधिपत्य कैसे जमा लिया?...? पूजार्ह को शोषण के बन्धनों में क्यों कर बाँधा गया? यह सभी अनबूझे प्रश्न अन्तरिक्ष में गूँजते हैं और ...
- नर-पशु किसे कहते हैं?...? नर-पशु बेटे उसे कहते हैं, जिसकी शक्ल तो इनसान जैसी होती है, लेकिन ईमान जिसका जानवर जैसा होता है और श...
- नर-पशु किसे कहते हैं?...? नर-पशु बेटे उसे कहते हैं, जिसकी शक्ल तो इनसान-सी होती है, लेकिन ईमान जिसका जानवर जैसा होता है। ईमान ...
- नर-पिशाच कैसे होते हैं?...? नर-पिशाच ऐसे होते हैं, जिनको कि दूसरों के दुःख दरद से कोई वास्ता नहीं होता। खुद का अपना फायदा होता ह...
- नरक किसे कहते हैं?...? अभी मैं आपको बताने वाला हूँ कि बन्धन किसे कहते हैं? मुक्ति कहाँ होती है? बेटे! मुक्ति वहाँ होती है—ग्...
- नरक को जाएगी, लेकिन आम्रपाली नरक को गई थी?...? नहीं, नरक को नहीं गई थी। भगवान बुद्ध की शरण में आई, तो उसके पास जो कुछ भी था, पैसा था, वह सब उनके सु...
- नरक को स्वर्ग में उलट देने की प्रक्रिया का आखिर माध्यम क्या होगा?...? उस योजना के क्रियान्वित होने की विधि-व्यवस्था किस प्रकार बन पड़ेगी? ऐसे अनेकों असमंजस भरे प्रश्न इन ...
- नरपशु किसे कहते हैं?...? जिनका कि शरीर से तो इनसान का होता है, पर दिल-दिमाग हैवान का होता है। उसका नाम नरपशु है। नरकीटक और नर...
- नरसी मेहता का नाम आपने सुना है?...? नरसी मेहता गुजरात में रहते थे और भगवद् भजन के साथ जनकल्याण में जुटे रहते थे। सुना है उन नरसी मेहता क...
- नरसी मेहता ने कौन-सा जप किया था?...? बेटे ! तू बड़ा पागल है। हरदम मंत्र-तंत्र पूछता रहता है। यह नहीं पूछता कि नरसी मेहता ने जिन्दगी कैसी ज...
- नरेन्द्र सिंह ने चिट्ठी नहीं दी?...? उन्हें तकलीफ हुई! आदि बातें मेरे मन को मथने लगीं। इधर घर आने पर पता चला कि नरेन्द्र सिंह जी को चौथे ...
- नर्क क्या है?...? नर्क उसी का नाम है कि जहाँ कहीं भी हम निगाह फेंकते हैं अथवा स्पर्श करते हैं, हाथ डालते, सम्बन्ध बनात...
- नल छोटा हो तो क्या?...? नल नाचीज हो तो क्या? अगर आपने सच्चे मन से भगवान के साथ में अपने आप को जोड़ के रखा है तो भगवान कि सम्प...
- नल नाचीज हो तो क्या?...? अगर आपने सच्चे मन से भगवान के साथ में अपने आप को जोड़ के रखा है तो भगवान कि सम्पदाएँ और जो उसकी विभूत...
- नल नील की पत्थरों ने क्यों मदद की?...? क्योंकि नल- नील का ईमान और उनकी भावनाएँ उच्च कोटि की थीं। वे लोकमंगल की भावना से पुल बना रहे थे। ...
- नल में क्या है?...? कुछ भी तो नहीं है; लेकिन टंकी में भरे पानी के साथ में उसने अपना रिश्ता बना लिया, तो जब तक टंकी में प...
- नल-नील के अतिरिक्त अच्छा और बताइए?...? और बेटे हिम्मत के आधार पर हनुमान को ले लीजिए। हनुमान कौन थे—बन्दर। अरे तो आप बन्दरों की बात कहते हैं, ...
- नल-नील क्या होते हैं?...? नल-नील रीछ थे। रीछ क्या कर सकते हैं? नल-नील ने समुद्र पर पुल बना दिया था। इन्होंने ये पढ़ा कहाँ से? इ...
- नल-नील ने कहाँ से इंजीनियरिंग पढ़ी थी?...? कहीं से नहीं पढ़ी थी। तो वे कहाँ से इंजीनियर बन गए? बेटे! वे राम की कृपा से बन गए। राम की कृपा से नल...
- नल-नील ने, जामवन्त ने, अर्जुन ने कितनी पूजा एवं तीर्थयात्रा की थी?...? पर उन्होंने भगवान् के कन्धे-से-कंधा मिलाकर काम किया था। इस कारण से भगवान् ने भी उनके कार्यों में कं...
- नली लम्बी है ही नहीं तो लम्बे तक कैसे मार कर सकती है?...? अतः ध्यान का पहला वाला हिस्सा है—एकाग्रता, जिसको लोगों ने ‘मेडिटेशन’ नाम दिया हुआ है। यह पहला वाला ह...
- नव निर्माण का सुधारात्मक अभियान गतिशील बनाने में मिलने वाले विरोध और तिरस्कार को सहने के लिए आगे कौन आए?...? इसके लिए प्रखर मनोबल और प्रचंड साहस की आवश्यकता होती है। इसे एक दुर्भाग्य ही कहना चाहिए कि मूर्धन्य ...
- नवग्रहों में से कोई ग्रह कभी डूबता है क्या?...? एक ग्रह दूसरे की छाया में आ जाते हैं। दिन रात का फर्क पड़ जाता है। कोई तारा दिन में उदय होता है, तो...
- नवयुग-प्रज्ञायुग का स्वरूप क्या होगा?...?...
- नवरात्र में जब भी आपने अनुष्ठान किए होंगे तो आपमें क्या फरक पड़ा है?...? सत्ताईस माला का जप करना पड़ा है। बेटे! सत्ताईस माला तो आप वैसे भी कर सकते हैं। चारपाई पर पड़े-पड़े म...
- नवरात्रि के दिनों में देवी को क्या चढ़ाते हैं?...? ‘मैं’ को चढ़ाते हैं और मियाँ जी बकरीद के दिन क्या खाते हैं? उसी को खाते हैं—‘‘’मैं’ —‘‘मैं’’ को खात...
- नशा कैसा होता है?...? नशा बेटे शराब जैसा होता है। शराब पी जाने के बाद में कुछ दिमाग भी अलग-सा हो जाता है। क्या बात है गुरु...
- नशा निवारण और भ्रष्टाचार उन्मूलन के काम करने वाले संगठन कितने सफल हो रहे हैं?...? यह उन्हीं से उन्हीं के मुँह-से कच्चा चिट्ठा पूछकर भली-भाँति जाना जा सकता है। धर्मोपदेशक और कथा कीर्त...
- नशे पर नियन्त्रण कौन करें?...? सपनों की सीमा कैसे बाँधे? प्रेमोन्माद भी लगभग ऐसा ही होता है। बेल मगरे तो चढ़ती नहीं, चढ़ती है तो एक ह...
- नशेबाजी और दहेज जैसी प्रथाओं में कितना पैसा बर्बाद होता है?...? फैशन-परस्ती में लोग कितना पैसा लगा देते हैं? ये ऐसी मुसीबतें हैं जिनसे हमें स्वयं निकलना पड़ेगा और जन...
- नशेबाजी जिस तेजी से बढ़ रही है, उसे देखते हुए लगता है कि स्मैक, हेरोइन, मारीजुआना जैसी घातक वस्तुएँ किशोरों युवकों व बेरोजगारों की एक बड़ी संख्या को विक्षिप्त स्तर का न बना दें?...? जीवनी शक्ति घटती चली जा रही है। मौसम का जरा सा असन्तुलन मनुष्य को व्याधिग्रस्त करता देखा जाता है, अस...
- नहा कर जाना उपासना के निमित्त और क्या करें?...? मैला कपड़ा, नहीं बेटे! मैला कपड़ा मत पहनना, देख, धुला हुआ कपड़ा पहनकर जाना और क्या करूँ?? देख जहाँ जमीन...
- नहा लेता है तो तू एक बात बता कि तेरी चमड़ी के खोल में क्या-क्या भरा हुआ है?...? माँस भरा हुआ पड़ा है। अच्छा, तो तू यह बता कि पूजा की कोठरी में माँस तो नहीं ले जाता? नहीं महाराज जी,...
- नहा लेता है तो तू एक बात बता कि तेरी चमड़ी के खोल में क्या क्या भरा हुआ है?...? माँस भरा हुआ पड़ा है। अच्छा, तो तू यह बता कि पूजा की कोठरी में माँस तो नहीं ले जाता? नहीं महाराज जी, ...
- नहाने की उनको क्या दिक्कत पड़ेगी?...? नदियाँ उनकी बहती हैं। जब कभी स्नान करना पड़े, घंटों नहा सकते हैं। उनको कोई रोकने वाला है क्या? फिर ...
- नहाने की उनको क्या दिक्कत पड़ेगी?...? नदियाँ उनकी बहती हैं। जब कभी स्नान करना पड़े, घंटों नहा सकते हैं। उनको कोई रोकने वाला है क्या? फिर भ...
- नहाने की उनको क्या दिक्कत पड़ेगी?...? नदियाँ उनकी बहती हैं। जब कभी स्नान करना पड़े, घंटों नहा सकते हैं। उनको कोई रोकने वाला है क्या? फिर भ...
- नहीं होता तो मैं क्या करूँ?...? सर्कस में कार्य करने वाली लड़कियों का ध्यान एकाग्र होता है। वे तार के ऊपर चलती हैं। तार के ऊपर चल...
- नहीं आई तब?...? बेटे! शान्ति हमारे पास है। अपनी शान्ति में से एक हिस्सा काटकर आपको दे देंगे। आप यकीन कीजिए। बाप अप...
- नहीं आप अकेले कहाँ हैं?...? पीठ पीछे हम जो हैं। हम आपकी जरूर सहायता करेंगे।...
- नहीं आप तो देवी हैं, आप बच्चे को कैसे मार सकती हैं?...? बच्चों के सिर के बाल लोग मेरे ऊपर पटक जाते हैं, तो क्या मैं इससे प्रसन्न होऊँगी? और नहीं पटकें तो मै...
- नहीं और कोई नहीं कर सकता सिवाय कौआ के?...? कौआ बड़ा अकलमन्द होता है, बहुत चालाक होता है। मनुष्य की सारी की सारी अकल ऐसे ताने-बाने बुनती रहती ह...
- नहीं करेंगे, तो फिर आत्मा की बात कहाँ रही?...? आत्मा की उन्नति का सवाल कहाँ रहा? आत्मा की उन्नति कोई खेल-खिलौने थोड़े ही हैं कि आप रामायण पढ़ लेंगे, ...
- नहीं किया, फिर आप डाक्टरनी कैसे हो गई?...? हम डाक्टर की पत्नी हैं, इसलिए हम डाक्टरनी हो गई, सेठ जी की हैं इसलिए सेठानी हो गई, पण्डितजी की हैं इ...
- नहीं कैसे ठीक होगी?...? आपको च्यवनप्राश अवलेह खाना पड़ेगा।
ब्रह्म को जीवन में धारण करना है ब्रह्मचर्य
ब्रह्म को चरना पड़...
- नहीं गुरुजी, जब आप जाएँगे तब अपनी कमाई भी अपने संग ले जाएँगे?...? बेटे, हम ऐसा नहीं करेंगे। हम आपको देकर जाएँगे। चाहे वह पुण्य की कमाई हो, चाहे वह सांसारिक कमाई हो, च...
- नहीं गुरुजी, हमने तो चन्दा इकट्ठा कर लिया, तो हम क्या करेंगे इसका?...? आप आदमी तो बनें पहले। आप आदमी बनना सीखें। आप घटियापन छोड़िये, सुबह से शाम तक काम कीजिये। पात्रता बढ़...
- नहीं गुरुजी, हमने तो चन्दा इकट्ठा कर लिया, तो हम क्या करेंगे इसका?...? आप आदमी तो बनें पहले। आप आदमी बनना सीखें। आप घटियापन छोड़िये, सुबह से शाम तक काम कीजिये। पात्रता बढ़ाइ...
- नहीं जाता होगा, शास्त्रों में गलत बताया गया होगा?...? नहीं ठीक लिखा है। अच्छा, शंकर जी ने कहा—देखो, ये जो नहाने जा रहे हैं, ये तमाशबीन हैं। ये घुमक्कड़ है...
- नहीं तो इसके लिये क्या किया जाय?...? (५) क्या यह ठीक है कि हमें सब कोई पर विश्वास करना ही चाहिए? नहीं तो क्यों? (६) इस समय देवत्व से असु...
- नहीं तो ऐसे सेठ क्या कहने के?...? इनकी सम्पत्ति हमें मिल जाए तो फिर हम दिखा दें कि लोक क्या होता है? परलोक क्या होता है? क्या होता है ...
- नहीं तो क्यों?...? (६) इस समय देवत्व से असुरता का, सज्जनता से दुर्जनता का पलड़ा क्यों भारी है? (७) मित्रों के रूप में शत...
- नहीं तो फिर कैसे हो गया?...? ऊँचे उद्देश्यों के लिए भगवान के कन्धे से कंधा मिलाकर वे चल पड़े थे और निहाल हो गए। इससे बड़ी कोई तपस्या...
- नहीं तो हम 5-5 पैसे क्यों माँगते फिरते?...? आप भी क्रियाओं को महत्त्व देते रहेंगे, तो ख्वाबों की दुनिया में घूमते रहेंगे।...
- नहीं दिखाते, हम कोई तेरे नौकर हैं या तेरे गुलाम हैं?...? क्यों तू कौन है? हमें चमत्कार दिखाना होगा, तो अपनी मरजी से दिखाएँगे, हमारा भगवान कहेगा तो दिखाएँगे। ...
- नहीं दिया तब?...? इसलिए पाने का एक ही तरीका है—देना, सम्मान दीजिए और बदले में लीजिए।आप उज्ज्वल भविष्य की उम्मीदें कीजि...
- नहीं पकेंगी तो आप वहाँ रहेंगी, कहाँ रहेंगी?...? झोंपड़े में रहेंगी और आपकी जिन्दगी खतम हो जाएगी और फिर आपको कूट-पीसकर नया बनाएँगे।
तपाने से ...
- नहीं पोतेंगे तो लक्ष्मी जी क्या करेंगी गन्दे घर में आकर?...? वे गन्दे घर में नहीं आतीं। भगवान जो हैं, गन्दे घर में नहीं आते। आपने अपने मन में, अपने स्वभाव में, अ...
- नहीं बेटी, कहने की क्या जरूरत है?...? हमको दिखाई पड़ता है कि तुम उन्नीस साल की हो गई हो। हम अपनी जिम्मेदारी कहीं से भी पूरी करेंगे। तुम्हा...
- नहीं बेटे, इससे क्या पुण्य हो सकता है?...? ठीक है, तूने हमारी किताब खरीदी। इससे आठ आने हमें मिल गए, तेरी प्रशंसा हो गई। तूने वेदों की पुस्तक मँ...
- नहीं बेटे, गाँधी जी कैसे मर सकते है?...? ईसामसीह मर गए? नहीं बेटे, वे कैसे मर सकते हैं? भगवान बुद्ध मर गए? नहीं, वे नहीं मरे। वे अमर हो गए। क...
- नहीं बेटे, तू नौकरी करेगा, तो मेरा काम हर्ज हो जाएगा और हम जिस काम के लिए आए हैं और तू जिस काम के लिए आया है, सो उसका क्या होगा?...? नहीं महाराज जी! देखा जाएगा, पहले तो मैं नौकरी करूँगा। नहीं बेटे, ऐसा नहीं हो सकता। एक दिन रामकृष...
- नहीं बेटे, तू नौकरी करेगा, तो मेरा काम हर्ज हो जाएगा और हम जिस काम के लिए आए हैं और तू जिस काम के लिए आया है, सो उसका क्या होगा?...? नहीं महाराज जी! देखा जाएगा, पहले तो मैं नौकरी करूँगा। नहीं बेटे, ऐसा नहीं हो सकता। एक दिन रामकृष्ण प...
- नहीं बेटे, तेरा लड़का अच्छा नहीं बन सकता, क्योंकि उसके भीतर, उसकी जीवात्मा में भाइयों के लिए, बहनों के लिए, माता-पिता के लिए जो प्रेम और सेवा की वृत्ति होनी चाहिए, वह कहाँ से आएगी?...? बेटे, हमको ये मालूम पड़ता है कि अगले दिन बहुत बुरे आने वाले हैं। अगले दिनों युद्ध के दौर भी आ सकते ...
- नहीं बेटे, तेरा लड़का अच्छा नहीं बन सकता, क्योंकि उसके भीतर, उसकी जीवात्मा में भाइयों के लिए, बहनों के लिए, माता−पिता के लिए जो प्रेम और सेवा की वृत्ति होनी चाहिए, वह कहाँ से आएगी?...? बेटे, हमको ये मालूम पड़ता है कि अगले दिन बहुत बुरे आने वाले हैं। अगले दिनों युद्ध के दौर भी आ सकते है...
- नहीं बेटे, देवता या शनिश्चर नहीं गिरा सकते हैं?...? देवता उठा सकते हैं? नहीं बेटे, देवता नहीं उठा सकते। कोई किसी तरह नहीं गिरा सकता। आप ही अपने आपको गिर...
- नहीं बेटे, न फिजिक्स की जरूरत पड़ेगी?...? न फिलॉसफी की॥ किसकी जरूरत पड़ेगी? पट्टी की। पट्टी क्या होती है? लकड़ी की तख्ती होती है बड़ी वाली। कलम ...
- नहीं बेटे, बड़ी उम्र के हों तो क्या, योगी हों तो क्या, तपस्वी हों तो क्या, ज्ञानी हों तो क्या, महात्मा हों तो क्या?...? हँसना आपको भी आना चाहिए, हँसाना आपको भी आना चाहिए। गाँधी जी के नजदीकी मुझे बहुत दिन रहने का मौका म...
- नहीं बेटे, ये वेश्या कैसे हो सकती हैं?...? तेरी भी तो कन्या होगी? तेरी भी तो लड़की स्कूल जा रही होगी। वह भी फिर वेश्या है क्या? नहीं साहब! हमार...
- नहीं बेटे, वे कैसे मर सकते हैं?...? भगवान बुद्ध मर गए? नहीं, वे नहीं मरे। वे अमर हो गए। कैसे व्यक्ति अमर होते हैं? ऐसे व्यक्ति जिनके अंद...
- नहीं बेटे, शरीर के नजदीक तो हमारे सिर में जुँए भी रहते हैं और ये तो 24 घण्टे जैसे अम्मा अपने बच्चे को छाती पर लगाए रहती है, ऐसे हम अपनी जूँ को सिर पर लगाए रहते हैं और आपके पास कौन रहता है?...? बेटे, खटमल जो है हमारी चारपाई पर सोता रहता है। बच्चा तो कभी-कभी आता है और कहता है—पिताजी हमें सुला ल...
- नहीं बेटे, सवाल पूछो कि यह क्या बात है?...? साहब, काहे को आप दो मिनट खराब कराते हैं। इसलिए कि बच्चे सवाल करेंगे और आप जवाब देंगे। इससे आप जिज्ञा...
- नहीं बेटे, सवाल पूछो कि यह क्या बात है?...? साहब, काहे को आप दो मिनट खराब कराते हैं। इसलिए कि बच्चे सवाल करेंगे और आप जवाब देंगे। इससे आप जिज्ञा...
- नहीं भूत ऐसा नहीं होता?...? भूत अलग होता है। कैसा होता है? मरा हुआ प्राणी आता है और ऐसे-ऐसे करता रहता है। भाई साहब हमारी जर्मनी ...
- नहीं मनुष्य नहीं थे कुंती से पूछो कि कौन थे?...? भगवान श्रीकृष्ण जब आए थे तो उन्हें देवताओं की सहकारिता की जरूरत पड़ी थी, तो देवताओं ने जन्म लिया था। ...
- नहीं महाराज जी चन्दन से मेरा काम नहीं चलेगा तो भगवान का काम कैसे चलेगा?...? इसलिए मित्रो! जो हमारी संपदाएँ हैं, उनके बारे में हमें ईमानदार होना चाहिए और नेक होना चाहिए। हमको कु...
- नहीं महाराज जी, चार-पाँच चावलों से क्या हो जाता है?...? बेटे, कुछ भी नहीं होता है।
महाराज जी, तो फिर हम चावल क्यों चढ़ाते हैं? चावल हम इसलिए चढ़ाते ह...
- नहीं महाराज जी, मुँह में माँस भरा रहेगा तो मैं जप कैसे करूँगा?...? ऐसा तो नहीं कि सूखी हड्डी मुँह में भरे रहता हो और राम नाम लेता हो। ऐसी गलती मत करना कहीं। यदि इस तरह...
- नहीं मानी, चली गई और कहाँ आफत पैदा कर दी?...? वहाँ सम्मान नहीं मिला, तो चुपचाप चली आती, पर वहाँ भी दिमाग खराब करके हवन कुण्ड में जा पड़ी, कुण्ड में ...
- नहीं यूँ नहीं कहना चाहिए मुझे?...? मुझे यूँ कहना चाहिए कि हम तो निहाल हो गए। इसीलिए हो गए कि किसी आदमी का हमने पल्ला पकड़ा। जिस दिन से ह...
- नहीं राई भर बालू से क्या होता है?...? उन्होंने सिद्धान्तों के प्रति उसकी हिम्मत के लिए, निष्ठा के लिए, उसकी जुर्रत के लिए उसको प्यार किया।...
- नहीं लिखेगा तो तेरी मनोकामना कैसे पूरी होगी?...? मित्रो! मनोकामना पूरी करने के लिए क्या करना पड़ता है? जीवन को शुद्ध करना पड़ता है। मेरे गुरु जब ह...
- नहीं सामान्य समस्याएँ क्या बाकी रह जाएँगी?...? पेट पालने की समस्या? अरे बाबा, पेट पालने की समस्या भी कोई समस्या है क्या? कीड़े अपना पेट पाल लेते हैं...
- नहीं साहब नौकरी कहाँ से लगेगी?...? तेरे सिर से, छोटा आदमी केवल पेट पालने की चिन्ता में ही डूबा रहता है।मित्रो! रामकृष्ण परमहंस ने विवेक...
- नहीं साहब पढ़े-लिखे हैं, उन्हें भूत का भय क्यों सतायेगा?...? पढ़-लिख लेना अलग बात है और ये अलग बात है। बिना पढ़े जाहिल और पढ़े-लिखे जाहिलों में कोई फर्क नहीं रहता, ...
- नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ से आया?...? जाने का मन होता है? मन तो होता है, पर हम कैसे जा सकते हैं? आपकी ये बात वो बात सब तराजू में तौलते हैं...
- नहीं साहब हम व्याख्यान देंगे?...? बेटे, व्याख्यान से कोई काम नहीं चलेगा। नहीं साहब! कथा कहेंगे? कथा से बेटे कोई काम नहीं चलेगा। आप...
- नहीं साहब हाथ को तो हम धोयेंगे, पैर को नहीं धोयेंगे, ये क्या बात?...? पैर को क्यों नहीं धोएँगे, पैर को भी धोना पड़ेगा, हाथ धोते हैं तो पैर को भी साफ रखना पड़ेगा। इसी तरीक...
- नहीं साहब, इसमें तो बहुत रंगदारी है?...? नहीं बेटे, इसमें स्वाभाविकता है, शालीनता है। आप महाभारत पढ़ लीजिए, भागवत् पढ़ लीजिए, जिस समय तक उन्ह...
- नहीं साहब, नहीं होता और चट्टान में से पत्ता पैदा होता है?...? नहीं होता। उनको पानी से फायदा उठाने के लिये अपने आपको अनुकूल बनाना पड़ेगा। ये सिद्धान्त अगर समझ में आ...
- नहीं साहब, पहले फिलॉसफी की जरूरत पड़ेगी, फिजिक्स की जरूरत पड़ेगी?...? नहीं बेटे, न फिजिक्स की जरूरत पड़ेगी? न फिलॉसफी की॥ किसकी जरूरत पड़ेगी? पट्टी की। पट्टी क्या होती है?...
- नहीं साहब, पैसा हमारे पास कम है, तो पैसा कौन माँग रहा है आपसे?...? और पैसा दे करके आप क्या भला करेंगे आदमी का? आप दूसरों को प्यार दीजिए। लोगों की आत्माएँ किस कदर प्यार...
- नहीं साहब, लम्बी जिन्दगी तो नहीं मिली?...? हाँ लम्बी जिन्दगी भी मिलती है। गुरु वशिष्ठ के बारे में आपने सुना है। उनकी लम्बी जिन्दगी थी। कितनी लम...
- नहीं साहब, वे तो प्राणायाम ही करते रहते थे?...? नहीं बेटे, प्राणायाम भी करते थे। यों मत कह कि प्राणायाम ही करते रहते थे, वरन् यों कह कि वह प्राणायाम...
- नहीं साहब, स्कूल में घुसते ही नौकरी मिल जाती है, नहीं ऐसे नहीं मिलती है बेटे, मानता क्यों नहीं है?...? गायत्री मंत्र का जप करने का उद्देश्य है आदमी के विचारों में और आदमी के चिन्तन में हेर-फेर होना चाहिए।...
- नहीं साहब, हम क्या कर सकते हैं?...? आप सब कुछ कर सकते हैं। आप मुसीबत में फँसी हुई अपनी देह को निश्चित रूप से बीमारियों से छुट्टी दिला सक...
- नहीं साहब, हम क्या कर सकते हैं?...? आप सब कुछ कर सकते हैं। आप मुसीबत में फँसी हुई अपनी देह को निश्चित रूप से बीमारियों से छुट्टी दिला सक...
- नहीं साहब, हम जिस काम से आए थे, जिस मनोकामना को पूरी करने के लिए आए थे, उस मनोकामना का क्या हुआ?...? हमको पंद्रह हजार रुपये दे दीजिए। आपका बैंक में एकाउंट है? नहीं साहब! बैंक में तो कोई एकाउंट नहीं है,...
- नहीं साहब, हम तो उसी को चुकायेंगे, लेकिन कैसे चुकायेंगे?...? वह तो मर गया। किसी लड़की का चाल-चलन खराब किया था। अब आप बताइए उसके चाल-चलन को ठीक कैसे करेंगे? नहीं स...
- नहीं साहब, हम तो प्रेक्टिस में इम्तिहान देंगे, थ्योरी में नहीं देंगे, किसका इम्तिहान देना चाहते हैं?...? हम तो साहब वाइवा देंगे और थ्योरी के परचे आएँगे तो? थ्योरी, थ्योरी के झगड़े में हम नहीं पड़ते, हम तो ...
- नहीं साहब, हम तो प्रेक्टिस में इम्तिहान देंगे, थ्योरी में नहीं देंगे, किसका इम्तिहान देना चाहते हैं?...? हम तो साहब वाइवा देंगे और थ्योरी के परचे आएँगे तो? थ्योरी, थ्योरी के झगड़े में हम नहीं पड़ते, हम तो आ...
- नहीं साहब, हम तो प्रेक्टिस से इम्तिहान देंगे, थ्योरी में नहीं देंगे, किसका इम्तिहान देना चाहते है?...? हम तो साहब वाइवा देंगे और थ्योरी के परचे आएंगे तो? थ्योरी, थ्योरी के झगड़े में हम नहीं पड़ते, हम तो ...
- नहीं साहब, हमने खरीदा नहीं है तो उसे क्या फोकट में पाया?...? हाँ, साहब यही ‘अनुदान’ कहलाता है। आपने फोकट में बीबी पाई, कुछ जेवर भी पाये, ग्यारह हजार दहेज में मिल...
- नहीं सुनी है?...? आपको ये कहावत सुननी चाहिए कि एक था भांजा और उसके थे माता सात। तो वो पहले वाले बड़े मामा के यहाँ पहुँच...
- नहीं हम कैसे चलें?...? माताजी! मुझे तो जुकाम हो जाता है, हाँ यह तो आप सही कह रहे हैं। जुकाम तो देखो इतने हिस्से में होता है...
- नहीं हुए तो बात बिगड़ जाएगी, क्या बात बिगड़ जाएगी?...? दुनिया में बिना पढ़े भी तो हैं। आप मैट्रिक पास रह गये तो क्या आफत आ गई। नहीं साहब हमारा ये हो जाएगा,...
- नहीं हुए तो बात बिगड़ जायेगी, क्या बात बिगड़ जायेगी?...? दुनिया में बिना पढ़े-लिखे लोग भी तो हैं। आप मैट्रिक पास रह गये तो क्या आफत आ गई? नहीं साहब, हमारा ये ...
- नहीं है और कीड़े में कहाँ है जहर?...? इसमें भी नहीं है जहर। चूहे में भी नहीं है। साँप में लाइए कहाँ से आ गया जहर? उसके भीतर से पैदा होता ह...
- नहीं हैं तो ये कहाँ से आ गया?...? हजारों तरह के भगवान दुनिया में हैं और हजारों तरह की जो कल्पनाएँ की गई हैं, मूर्तियाँ बनायी गई हैं ये...
- नहीं, उससे लड़ाई-झगड़ा क्या करना है?...? झूठ के पाँव कहाँ होते हैं? झूठ जिन्दा रहता है क्या? झूठ जिन्दा नहीं रहता। झूठ अगर जिन्दा रहता, तो चोर...
- नहीं, अपने आप सन्त रह सकते थे और अपनी गीता का प्रचार करते रह सकते थे; पर दूसरा गाँधी, बापू जी ने बनाया था उन्हें और जिसने वामन अवतार के तरीके से अपने डगों से सारे हिन्दुस्तान को नाप डाला और सैकड़ों एकड़ जमीन मिलती चली गई और किसको मिले गाँधी जी के अनुदान?...? करमसंद गाँव का एक पटेल मामूली वकालत करता था। उसको सरदार पटेल बना दिया, हिन्दुस्तान का गृहमंत्री बना ...
- नहीं, आपको तो कोई पैसा देता है?...? कोई सेठ-साहूकार देते हैं? जरा बताना आप लोगों में से कौन सेठ-साहूकार हैं, हम आपको दे जाते हैं। खाने क...
- नहीं, ईसाई भी नहीं काट रहे हैं इसको?...? तो फिर कौन काटता है? इसको वो काटता है, जिसको हम इस युग की अनास्था कहते हैं। यही अनास्था चोटी को काटत...
- नहीं, ईसाई भी नहीं काट रहे हैं इसको?...? तो फिर कौन काटता है? इसको तो वो काटता है, जिसको हम इस युग की अनास्था कहते हैं, यही अनास्था चोटी को क...
- नहीं, एक क्यों जलेगा?...? साथ-साथ हैं, वे दोनों जलेंगे। यही समर्पण काश बेटे! आप में भी आ जाए, भगवान करे आप में आ ही जाए। यह हम...
- नहीं, ऐसे कैसे ले लेंगे?...? सारे हाथ-पाँव कई बार माँजेंगे। बार-बार माँजेंगे और ये क्या कर रहे हैं? मंजन। एक बार माँज लीजिये। देख...
- नहीं, खराब बात नहीं है, पर मनोकामना किस काम के लिए माँगी गई है?...? सांसारिकता को प्राप्त करने से पहले आप पैसे को कैसे हजम कर सकते हैं? यह ज्ञान होना चाहिए।
मेहनत ...
- नहीं, जब तेरे जिम्मे चौकीदारी थी और तू जगा हुआ था, तो तूने चोरी कैसे हो जाने दी?...? नहीं साहब! हम अकेले ही थोड़े हैं, इस घर में तो बाइस आदमी रहते हैं। सबको गिरफ्तार कीजिए। वे तो सो रह...
- नहीं, जिसके हृदय में कोई करुणा नहीं, दया नहीं, सेवा की बुद्धि नहीं; जो उदार नहीं हो सकता; जिसका मन कोमल नहीं; जो अपने सुख को बाँट के नहीं खा सकता; जो दूसरों के दुःखों को घटा नहीं सकता, वह भक्त कैसे हो जाएगा?...? अगर आप दूसरों के दुःखों को घटाएँगे और अपने सुखों को बाँटेंगे, तो उसका तरीका एक ही हो सकता है कि आप ज...
- नहीं, तो ऐसे सेठ क्या कहने के?...? इनकी सम्पत्ति हमें मिल जाए, तो फिर हम दिखा दें कि लोक क्या होता है? परलोक क्या होता है? क्या होता है...
- नहीं, तो फिर इन कौरवों से लड़?...? तेरे सारथी हम बनेंगे। कृष्ण ने जब यह आवाज उठाई, तो अर्जुन लड़ने के लिए विवश हो गया। उसको लड़ना पड़ा ...
- नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा?...? नहीं, किसी ने भी नहीं किया। उन्होंने स्वयं अपना कायाकल्प कर लिया था। सहायता जरूर औरों ने की। सहायता ...
- नहीं, तो फिर कैसे हो गया?...? ऊँचे उद्देश्यों के लिए भगवान के कन्धे से कन्धा मिलाकर वे चल पड़े थे और निहाल हो गए। इससे बड़ी कोई तपस्...
- नहीं, तो फिर भाग्य ने किया क्या?...? नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा? नहीं, किसी ने भी नहीं किया। उन्होंने स्वयं अपना कायाकल्प कर लिय...
- नहीं, बताइए शायद करती रही हो?...? नहीं साहब! जिस दिन से उसने राम का नाम लिया, उस दिन से सेवा का काम करती रही तथा रामभक्त का उत्तरदायित...
- नहीं, बताइए, शायद करती रही हो?...? नहीं साहब! जिस दिन से उसने राम का नाम लिया, उस दिन से राम का काम करती रही तथा रामभक्त का उत्तरदायित्...
- नहीं, बेटा, हमारा क्या नुकसान हो जाएगा?...? अभी ये लड़के गा रहे थे—‘कोई साथ न दे तो अकेला चल।’ अकेले चल देंगे हम। अकेले वामन ने सारी जमीन नापी थी...
- नहीं, भगवान ने नहीं, भाग्य ने कर दिया क्या?...? नहीं, भाग्य ने भी नहीं किया। पर किसी और आदमी ने किया। किसी ने भी नहीं किया। सबने सहायता तो जरूर की। ...
- नहीं, भगवान् के यहाँ कसौटी एक ही है, वह यह कि आप कितने उदार है?...? अगर आप उदार हैं, तो भगवान का दरवाजा आपके लिए उदारतापूर्वक खुला हुआ है और अगर आपने अपना दरवाजा बन्द क...
- नहीं, मनुष्य नहीं थे कुंती से पूछो कि कौन थे?...? भगवान श्रीकृष्ण जब आए थे तो उन्हें देवताओं की सहकारिता की जरूरत पड़ी थी, तो देवताओं ने जन्म लिया था।...
- नहीं, मार-पीट तो नहीं करती है, तो फिर तू क्यों लांछन लगाता है उस पर?...? अपने हाई टेंपरेचर को डाउन कर उसका सहयोग करिए। जरा-सा काम होता है और सारा दिन खट-खट् लगी रहती हैं। एक...
- नहीं, यह बिल्कुल ठण्डी नहीं हुई?...? विवाद एक जगह ठण्डा नहीं होने पाता कि कहीं और तैयारियाँ शुरू हो जाती हैं। यह साम्प्रदायिक उपद्रव कृष्...
- नहीं, वह भी नहीं है तो भाईसाहब, हम कैसे नियुक्त करा सकते हैं?...? इसी प्रकार अनुदान के लिए शर्त है। उसके लिए सुपात्र होना चाहिए। इनसान को आशीर्वाद वरदान, अनुदान सभी द...
- नहीं, सबके सब चमार हैं?...? क्यों, चमार कैसे हुए? चमार ऐसे हुए कि ये सिर्फ चमड़े को देख पाते हैं। चमड़े को जो देख पाता है, चमड़े...
- नहीं, साहब, इसका प्रयोग बताइये कैसे होता है?...? उसका ग्रामर क्या होता है? और बताइये इसका प्रोनाउन्सिएशन क्या होता है? अरे! चुप रह! सिर मत खाना! छब्ब...
- नहीं, हनुमान जी भी पकड़ में नहीं आएँगे और रामचंद्र जी तो, भला कैसे पकड़ में आ सकते हैं?...? वे भी नहीं आएँगे। दिशा जो बदली, तो गजब हो गया मित्रो! क्या वजह है इसकी? हम में और तुलसीदास जी में क्...
- नहीं, हम कैसे चलें?...? माताजी ! मुझे तो जुकाम हो जाता है, हाँ, यह तो आप सही कह रहे हैं। जुकाम तो देखो, इतने हिस्से में होता...
- नहीं, हम क्या दे सकते हैं?...? हमारे पास क्या है? हम तो केवल भिखारी हैं।
यह नहीं, बेटे! यह भिखारी शब्द मनुष्यों के लिए शोभा नहीं ...
- नहीं, हम जानवर हैं, हम क्या फरक कर सकते हैं?...? तब हमें कोई तमीज नहीं थी। वे कुसंस्कार अभी भी हमारे भीतर विद्यमान हैं।
मित्रो! समाज के बन्धन ...
- नहीं, हम तो प्रैक्टिस करेंगे, थ्योरी से क्या फायदा?...? आपरेशन करेंगे हम तो, उसकी एनोटॉमी, फिजिओलाजी सीखने से क्या फायदा? भाई साहब, पहले उसकी एनोटॉमी, फिजिओ...
- नहीं, हम तो प्रैक्टिस करेंगे, थ्योरी से क्या फायदा?...? ऑपरेशन करेंगे हम तो। उसकी एनोटॉमी, फिजिओलॉजी सीखने से क्या फायदा? भाईसाहब, पहले उसकी एनोटॉमी, फिजिओल...
- नहीं, हम बेवकूफ नहीं हैं?...? हम बुद्धिमानों में सभी से ज्यादा महत्त्वपूर्ण हैं। जिस जानदार और बिना जान की किसी चीज ने हमारे ऊपर...
- नहीं, हमको इससे कोई मतलब नहीं, हम तो आप सभी को अपने साथ ले जाना चाहते हैं?...? मरने के बाद में हमको जब अय्याशी की जरूरत पड़ेगी, विलासिता की जरूरत पड़ेगी, तब कैसे काम चलेगा? उन्हों...
- नहीं-विरत क्यों होता?...? कर्तव्यनिष्ठा का ही दूसरा नाम मनुष्यता है। एक मनीषी का जो कर्तव्य है, वह अन्तिम साँस तक अनवरत करता र...
- ना बेटे, कष्ट तो अच्छा हो गया था तभी, पर एक इच्छा है तू पूरी कर दे तो?...? महाराज जी। बताइये क्या मैं इस लायक हूँ कि आपकी इच्छा पूरी कर सकूँगा? हाँ, बेटे, यह जो दवाई तू बाँटता...
- नाई कौन होता है?...? हजामत बनाने वाला। चाणक्य ने उससे कहा कि हम आपको राजा बनाना चाहते हैं, चक्रवर्ती सम्राट बनाना चाहते ह...
- नाई क्या करता है?...? नाई हमारी हजामत बना देता है और हमें ऐसा बना देता है जैसे मूँछें अभी निकली ही नहीं। यह मिरैकिल-जादू ह...
- नाई क्या करता है?...? नाई हमारी हजामत बना देता है और हमें ऐसा बना देता है जैसे मूँछें अभी निकली ही नहीं। यह मिरैकिल है, जा...
- नाक की हवा में कहाँ है योग?...? नाक में तो कफ़ भरा पड़ा है। नहीं साहब! मैं तो नाक से योग करूँगा। बेटे, नाक में योग नहीं है, तो फिर क...
- नाक की हवा में कहाँ है योग?...? नाक में तो कफ भरा पड़ा है। नहीं साहब! मैं तो नाक से योग करूँगा। बेटे! नाक में योग नहीं है। तो फिर कह...
- नाक क्या संयम करेगी?...? कान का संयम? कुछ भी नहीं है। गाना-वाना सुन लिया, तो बात अलग है। दिमाग की खुराफात है। कान बेचारे का क...
- नाक पर कोई टोपा कहाँ लगाता है?...? चेहरे पर, होठों पर जाकिट कसे हुए किसे देखा जाता है? यह अवयव खुले ही रहते हैं। उन पर मौसम का कोई प्रभ...
- नाक में से बहुत प्राणायाम करेंगे, तो भी भगवान नहीं मिलेगा?...? नहीं बेटे, भगवान नहीं मिलेगा। भगवान कब मिलेगा? कहाँ मिलेगा? भगवान वहाँ मिलेगा, जबकि हम दो इम्तिहान...
- नाक से क्या होता है?...? गन्ध लेना, सूँघना, पता लगाना। कुत्ते सूँघकर पता लगाते हैं—चोरी का माल कहाँ गया? सी०आई०डी० के कुत्ते आ...
- नाक से क्या होता है?...? गन्ध लेना, सूँघना, पता लगाना। कुत्ते सूँघकर पता लगाते हैं, चोरी का माल कहाँ गया? सी.आई.डी. के कुत्ते ...
- नाक से प्राणायाम करने, तिलक लगाने के अलावा भी कुछ करना पड़ा है क्या?...? नहीं बेटे, कुछ और भी करना पड़ा है। क्या करना पड़ा है? यही बताने के लिए मैं आपका बुलाता हूँ।
म...
- नाक से प्राणायाम करने, तिलक लगाने के अलावा भी कुछ करना पड़ा है क्या?...? नहीं बेटे, कुछ और भी करना पड़ा है। क्या करना पड़ा है? यही बताने के लिए मैं आपको बुलाता हूँ।मित्रों भ...
- नाक से हमें क्या करना पड़ता है?...? नाक से जब हम साँस अन्दर खींचते हैं तो सामान्य प्राणायाम करना पड़ता है और प्राणायाम में ध्यान करना पड़...
- नाक से हमें क्या करना पड़ता है?...? नाक से जब हम साँस अन्दर खींचते हैं तो सामान्य प्राणायाम करना पड़ता है और प्राणायाम में ध्यान करना पड़ता...
- नाक, कान, आँख और चमड़ी को महत्त्व देने वाले नकली आदमी क्या अध्यात्मवादी हो सकते हैं?...? सिद्धान्तवादी हो सकते हैं? आदर्शवादी हो सकते हैं?
अष्टावक्र ऋषि आठ जगह से कुबड़े—टेढ़े थे। एक बार व...
- नागरिक कर्तव्य क्या है?...? आजीविका उपार्जन कैसे करना चाहिए? अर्थशास्त्र क्या है? आदि बातें सीख करके हम आजीविका उपार्जन कर सकते...
- नागा कैसे होते हैं?...? जरा देखकर आऊँ। हमारे कार्यकर्ता साथ चले, बोले हम दुभाषिए का काम करेंगे। उनकी जीप में बैठकर मैं नागाल...
- नागा बाबा पहले क्यों नहाएगा?...? वैरागी को कहना चाहिए कि नागाजी आप नंगे हैं, आप हट जाइए और देखिये आपको ठण्ड लग जाएगी। नागा साधु यह नह...
- नागार्जुन ने क्या नहीं किया?...? व्यास जी ने अठारह पुराण लिखे थे। आप प्रत्येक ऋषि के बारे में देख लीजिए; सब सेवा में थे। एक भी ऋषि ऐस...
- नाच देख करके मैं क्या करूँगा?...? मेरे पास इतने सारे काम पड़े हैं, उन कामों को समेटूँगा या नाच देखूँगा। अरे साहब! वहाँ तो चौबीसों घंट...
- नाची हो तो बता?...? नहीं महाराज जी! फिर तो उसने वेश्यावृत्ति भी नहीं की। सन्त हो गयी, सो हो गयी। पहले उसने किया था, पर ...
- नाचीज थी तो क्या?...? उसकी दिलेरी देखिए, उसकी हिम्मत देखिए, उसकी उदारता देखिए, उसका समर्पण देखिए।
उसने कहा कि भगवान रा...
- नाचीज हैं तो क्या?...? आपके अन्दर जो देवत्व उदय हो चुका है अब, तब इतनी-सी कमी है कि इसको बार-बार जगाना पड़ेगा और उठाना पड़ेग...
- नाजरथ वासी ईसा के पास क्या था?...? पिता यूसुफ गाँव के साधारण बढ़ई। माँ अशिक्षित। पालन-पोषण गड़रियों के बीच हुआ। वह स्वयं भी पी. एच. डी,...
- नाती कितने हैं?...? एक-एक आदमी दस-दस आदमियों को अखबार, पत्रिका पढ़ाता है। इन सब को कह दिया है कि अखण्ड ज्योति जहाँ भी जा...
- नाती कितने हैं?...? एक एक आदमी? दस दस आदमियों को अख़बार, पत्रिका पढ़ाता है इन सबको कह दिया है कि अखण्ड ज्योति जहर भी जाए ...
- नादयोग से आपका क्या मतलब है?...? कान में घण्टी बजा दीजिए, कोई शंख बजा दीजिए। कोई बच्चे जैसी आवाज आये, बन्दर या चूहे जैसी आवाज आये, फिर...
- नानक क्या हो सकते थे?...? नानक बिलकुल मामूली आदमी होते, एक बनिये की दुकान कर रहे होते। नमक-चावल बेच रहे होते और ढेरों बच्चे पै...
- नानक जी के पास कौन से चमत्कार थे?...? कोई चमत्कार नहीं होते सन्तों के पास। चमत्कार होते हैं तो बस यही होते हैं कि सामान्य मनुष्य लोभ, मोह...
- नानक जी ने कौन-सा मंत्र जपा था?...? बेटे! हमको नहीं मालूम। नहीं साहब! कोई तो जपा होगा? बेटे ! तुम तो बेकार की बहस करते हो, तुझसे हम यह क...
- नाम का जप करेगा और क्या करेगा?...? डिब्बे को? बेटे! खोल उसे। नहीं साहब! खोलूँगा तो नहीं। तब क्या करेगा? इसको चावल चढ़ाऊँगा, पुष्प चढ़ाऊँग...
- नाम के लेने से, मिठाई-मिठाई जप करने से हमारा मुँह मीठा नहीं हो सकता, तो राम-नाम के जप करने से कैसे हमारा कल्याण हो सकता है?...? कैसे उद्धार हो सकता है? आपको यह समझना चाहिए और यह समझते हुए उसी आधार पर जप करना चाहिए। ऐसा करेंगे, त...
- नाम क्या था उस लड़के का?...? उसका नाम था भस्मासुर। उसके तप से प्रसन्न होकर भगवान प्रकट हुए। भस्मासुर ने प्रार्थना की भगवान हमको...
- नाम नहीं लेंगे तो बात कैसे बनेगी?...? जिस तक पहुँचना है उसका नाम तो लेना ही पड़ेगा। स्टेशन का नाम बताए बिना तो उसका टिकट भी नहीं मिलता।......
- नाम नहीं लेंगे तो बात कैसे बनेगी?...? जिस तक पहुँचना है उसका नाम तो लेना ही पड़ेगा। स्टेशन का नाम बताए बिना तो उसका टिकट भी नहीं मिलता। वस्...
- नाम मालूम है?...? नाम हमको मालूम नहीं। शक्ल मालूम है? नहीं साहब! शक्ल भी नहीं मालूम, नाम भी नहीं मालूम, रूप भी नहीं मा...
- नाम लिखाइए, कौन-कौन सी थाली लेंगे—वेजीटेरियन या नानवेजीटेरियन?...? नानवेजीटेरियन। अच्छा साहब! दोपहर को साढ़े बारह बजे आती है। हाँ, ले आना। बस, वह ले आया एक के ऊपर एक थ...
- नाम लेने से कोई प्रसन्न क्यों हो जाएगा, क्या वजह है?...? नहीं साहब! राम नाम लेने से उद्धार हो जाता है। गलत, नाम लेने से किसी का उद्धार नहीं हुआ, न कभी हो सकत...
- नारद और वाल्मीकि का भी यही हुआ था, वाल्मीकि से नारद ने कहा कि पहले एक बार अपने घर पूछ कर तो आ कि आपके इस पाप कर्म में आपके घर वाले भागीदार हैं क्या?...? तो उसने औरत से पूछा, बेटे से पूछा, माँ से पूछा, सब का उत्तर एक ही था कि हम को पोषण के लिए चाहिए और ह...
- नारद जी का उदाहरण तो आपको मालूम होगा?...? नारद जी एक बार भगवान जी के पास गए और बोले कि भगवन्! हमारी मनोकामना पूरी कीजिए। भगवान ने कहा—"भक्त और...
- नारद जी का उदाहरण तो आपको मालूम होगा?...? नारद जी एक बार भगवान जी के पास गए और बोले कि भगवान ! हमारी मनोकामना पूरी कीजिए। भगवान ने कहा-'' भक्त...
- नारद जी का नाम तो सुना है न आपने?...? वे संगीत के द्वारा ही सारी की सारी भक्ति का प्रचार करते थे और हिन्दुस्तान से लेकर सारे विश्वभर में घू...
- नारद जी का नाम तो सुना है न आपने?...? वे संगीत के द्वारा सारी की सारी भक्ति का प्रचार करते थे और हिन्दुस्तान से ले कर सारे विश्वभर में घूम...
- नारद जी को आप नहीं जानते?...? नारद जी को देखा न, सेवामय जीवन था न, जहाँ-तहाँ, जहाँ-तहाँ चले गए। चरक का जीवन पढ़ा है न - चरक ने (सार...
- नारद जी ने कहा—आपकी क्या बात बताना है?...? उसने कहा—महाराज जी! हमारे बाल-बच्चा नहीं होता है। हमारे कोई सन्तान नहीं है। आप भगवान विष्णु से यह पूछ...
- नारद जी ने कहा—विष्णु भगवान तो झूठ बोलते नहीं और मैंने बहाने बनाए नहीं, तो फिर भगवान की बात गलत कैसे हुई?...? उन्होंने कहा—मुझे क्या मालूूम कि यह कैसे हुआ?
उसने कहा—नारद जी! एक सन्त निकल रहे थे, तो मैंने उनक...
- नारद जी ने कहा—सन्त बड़ा होता है कि भगवान बड़े होते हैं?...? उन्होंने कहा—कभी-कभी भक्त भी बड़े होते हैं और भगवान छोटे भी होते हैं। वैसे तो भगवान बड़ा होता है, पर क...
- नारद जी ने कहा—‘‘फिर क्या करना चाहिए?...? ’’ भगवान ने कहा—‘‘मैं ऐसी जगह तलाश करना चाहता हूँ, जहाँ कि मैं चैन के साथ रह सकूँ। कोई मनुष्य मुझे त...
- नारद जी ने पूछा—यह किसका बच्चा है?...? उसने कहा—यह तो हमारा है।
मित्रो! नारद जी से किसान ने पूछा—आप तो कहते थे कि विष्णु भगवान ने कह दि...
- नारद जी बाकी बच्चों, ध्रुव के भाई-बहिनों के पास क्यों नहीं गये?...? उन्होंने क्यों नहीं कहा? नहीं, नारद जी उनसे कह नहीं सकते थे, क्योंकि जो आदमी अपना निश्चय स्वयं करता ...
- नारद जी बाकी बच्चों-ध्रुव के भाई बहनों के पास क्यों नहीं गए?...? उनसे क्यों नहीं कहा? नहीं नारद जी उनसे कह नहीं सकते थे, क्योंकि जो आदमी अपना निश्चय स्वयं करता है उस...
- नारद जी से किसान ने पूछा—आप तो कहते थे कि विष्णु भगवान ने कह दिया है कि तीन जन्म तक बच्चा नहीं होगा?...? अब तो हमारे बच्चा हो गया है। नारद जी ने कहा—विष्णु भगवान तो झूठ बोलते नहीं और मैंने बहाने बनाए नहीं,...
- नारद जी, नारद जी बाकी बच्चों के पास क्यों नहीं गए?...? ध्रुव के भाई-बहन और भी तो होंगे, उनके पास क्यों नहीं गए? उनसे क्यों नहीं कहा? नहीं, नारद जी कह नहीं ...
- नारद ने कहा—हाँ, सन्त के लक्षण देख लिए, अच्छा, तो वह मुझसे बड़ा है कि छोटा?...? मुझसे बड़ा है। क्यों? क्योंकि ये दो वृत्तियाँ उसके भीतर हैं। वह असली भक्त है और वह इतना बड़ा भक्त है, ...
- नारद ने क्या बिगाड़ा?...? नारद ने यह बिगाड़ा कि उसने मनुष्य को बता दिया कि भगवान मनुष्य के अन्तरंग में बैठा हुआ है। अगर यह नहीं ...
- नारद ने रत्नाकर से कहा कि तुम यह पाप क्यों करते हो?...? चूँकि वे उच्च एवं निर्विकार विचारधारा वाले थे इसलिए रत्नाकर डाकू पर उनका प्रभाव पड़ा, अन्यथा भय के का...
- नाराजगी में फिर रहे हैं न तब?...? परिस्थितियों के गुलाम मत होइए। अपनी मन:स्थिति पर केन्द्रित हो जाइए। केन्द्रित हो करके सारे संसार भर मे...
- नाराजगी में फिर रहे हैं न तब?...? परिस्थितियों के गुलाम मत होइए। अपनी मनःस्थिति पर केन्द्रित हो जाइए। केन्द्रित हो करके सारे संसार भर मे...
- नारायण मंत्र का पाठ?...? नहीं, कुछ नहीं बताया। उन्होंने कहा—इस समय आपत्ति घर में है। सीता जी आपत्ति में फँसी हुई है और देश के...
- नारी अशिक्षित है, आत्म-निर्भर नहीं है तो शादी करने वाला वर पक्ष दहेज माँगता है, यह कितनी शर्म की बात है?...? हमें चाहिए कि नारी उत्थान के कदम बढ़ायें। प्रत्येक मनुष्य अपने घर के नारी वर्ग को सुशिक्षा प्रदान करे...
- नारी अशिक्षित है, आत्म-निर्भर नहीं है तो शादी करने वाला वर-पक्ष दहेज माँगता है, यह कितनी शर्म की बात है?...? हमें चाहिए कि नारी-उत्थान के कदम बढ़ायें। प्रत्येक मनुष्य अपने घर के नारीवर्ग को सुशिक्षा प्रदान करे...
- नारी का प्राण क्या है?...? नारी किसे कहते हैं? देवता कभी देखे हैं आपने? नहीं साहब, देवता हमने नहीं देखे। सपने में देखे हैं, अच्...
- नारी किसे कहते हैं?...? देवता कभी देखे हैं आपने? नहीं साहब, देवता हमने नहीं देखे। सपने में देखे हैं, अच्छा आइए हम आपको देवता...
- नारी किसे कहते हैं?...? नारी वेश्या को कहते हैं। नारी का दूसरा नाम क्या है—वेश्या। रमणी इसका नाम है, कामिनी इसका नाम है। आपन...
- नारी की गरिमा कैसी होती है?...? नारी की गौरव-गरिमा सत्य, शिव और सुन्दर की तीनों विशेषताओं से सम्पन्न एक प्रतीक है। नारी का एक प्रतीक...
- नारी के अधिकारों को कौन स्वीकार करेगा?...? उसे समानता का स्तर देना किसे अच्छा लगेगा?
यह दोनों ही प्रकार की झिझक बिलकुल भ्रान्तिपूर्ण है। हर न...
- नारी के अधिकारों को कौन स्वीकार करेगा?...? उसे समानता का स्तर देना किसे अच्छा लगेगा?
यह दोनों ही प्रकार की झिझक बिल्कुल भ्रान्तिपूर्ण है। ह...
- नारी के अधिकारों को कौन स्वीकार करेगा?...? उसे समानता का स्तर देना किसे अच्छा लगेगा?
यह दोनों ही प्रकार की झिझक बिलकुल भ्रान्तिपूर्ण है। हर ...
- नारी के अन्दर वो वाहियात बातें, जो अखबारों में और किताबों में पढ़ते हैं वो?...? ये बेटे! सब होती हैं। आपको क्या करना है? आपको उधर ध्यान ही नहीं देना है। आपको नारी के अन्दर जो महान ...
- नारी के अन्दर शैतान रहता है?...? नारी के अन्दर शैतान भी रहता है। रहता है? बिल्कुल रहता है। क्यों साहब! नारी के अन्दर वो वाहियात बातें...
- नारी के अविकसित होने से अपनी उचित-अनुचित मनमानी चलाने का अवसर वह क्यों खोए?...? नारी वर्ग इसलिए सन्तुष्ट है कि उसे पिंजड़े में पाले पक्षी की तरह निश्चिन्त रहने का ठिकाना मिल जाता ह...
- नारी के अविकसित होने से अपनी उचित-अनुचित मनमानी चलाने का अवसर वह क्यों खोये?...? नारी वर्ग इसलिए सन्तुष्ट है, कि उसे पिंजड़े में पाले पक्षी की तरह निश्चिन्त रहने का ठिकाना मिल जाता ...
- नारी के बारे में हमारा क्या ख्याल है?...? हमारा ख्याल है नारी होती है वेश्या। नारी किसे कहते हैं? नारी वेश्या को कहते हैं। नारी का दूसरा नाम क...
- नारी को अस्वस्थ बनाकर उसके मालिक पालने हारे भी इस स्थिति में क्या सुख-सन्तोष अनुभव कर रहे हैं?...? रोते-कराहते स्वर, आखिर उन्हें भी कुछ तो कष्ट देंगे ही। सहानुभूति समाप्त हो गई हो तो भी खोज और झूँझल ...
- नारी को अस्वस्थ बनाकर उसके मालिक, पालनहारे भी इस स्थिति में क्या सुख सन्तोष अनुभव कर रहे हैं?...? रोते कराहते स्वर, आखिर उन्हें भी कुछ तो कष्ट देंगे ही। सहानुभूति समाप्त हो गई हो तो भी खीज़ और झुँझल...
- नारी को इस तरह कब तक छला जाएगा, उत्तर कहीं से भी नहीं मिलता?...? हम चाहते हैं अच्छी सन्तानें उत्पन्न हों पर यह तभी सम्भव है जब कि नारी को शिक्षित तथा पूर्ण स्वतंत्रत...
- नारी को नारी से परदा किसलिए करना चाहिए?...? माँ-बेटी के बीच, पिता-पुत्री के बीच परदा कैसा? इससे तो उनके बीच विचारों का आदान-प्रदान ही रुक जाता ह...
- नारी को नारी से पर्दा किस लिये करना चाहिए?...? माँ-बेटी के बीच पर्दा कैसा? इससे तो उनके बीच स्नेह-सौजन्य का, आदान-प्रदान का, मन की बात कहने-सुनने क...
- नारी को रमणी, कामिनी और वेश्या के रूप में प्रस्तुत करने की कुचेष्टा में जब कला के सारे साधन झोंक दिए गए तो जन मानस विकृत क्यों न होता?...?...
- नारी क्या हो सकती है?...? नारी हमारी माँ हो सकती है, बेटी हो सकती है, बहिन हो सकती है और उससे भी ऊँचा एक और स्थान है, उसको धर्...
- नारी जाति का इतना गुणगान कर रही हैं और हमें यह क्या कह रही हैं?...? त्याग की मूर्ति—नारी
बेटे! आपकी औकात हम जानते हैं, इसलिए आपसे कह रहे हैं। आपकी भी हमें मालूम है, क...
- नारी जीवन की यह करुणाजनक स्थिति अपने ऋषि वंशजों से पूछती है कि क्या सचमुच हमारे पितामह इतने निर्मम रहे होंगे?...? कन्या को करुणा और वात्सल्य की स्नेहमूर्ति समझने वाले भारतीय समाज ने समय-समय पर इन घातक कुप्रथाओं का ...
- नारी में सिया और नर में राम को देखने की दिव्य दृष्टि जिस किसी को भगवान देता है, उस आदमी की शक्ति का कोई ठिकाना रहेगा क्या?...? हर लड़की में जिसको अपनी बेटी का भाव उमड़ करके आता है, हर सयानी बच्ची जिसको अपनी कन्या मालूम पड़ती है और...
- नारी युग की अधिष्ठात्री, धरती की देवी अपनी गरिमा सिकोड़े-समेटे और दबाए-दबोचे बैठी रहे, यह विपन्नता क्यों, कैसे और कब तक बनी रह सकती है?...? समर्थता के साथ-साथ समझदारी भी बढ़ती है और वह अदृश्य के मार्गदर्शन में अभ्युदय की दिशा में चल पड़े, त...
- नारी शिक्षा जैसे कार्यों को जन स्तर पर क्यों पूरा नहीं किया जा सकता है?...? कठिनाई यह कि हम जनशक्ति की सामर्थ्य का कभी मूल्यांकन ही नहीं करते। यह महाकाली समस्त सम्पत्तियों, विभ...
- नारी सोचती है, उसे हर दृष्टि से शासित ही बनी रहने की विवशता को क्यों वहन करना चाहिए?...? जब शासन में भागीदार बनने के लिए उसे अवसर मिला है, उसे वह गँवाए क्यों? और भविष्य में अपने वर्ग को उच्...
- नारी-शिक्षण कैसे होने चाहिए?...? लार्जर फेमिली सिस्टम कैसे बनने चाहिए? घरों में स्वर्गीय वातावरण कैसे बनाने चाहिए? इसके लिए हम सौ क्व...
- नालंदा विश्वविद्यालय का खरच कौन उठाता था?...? एक ही आदमी उठाता था और उसका नाम था—चाणक्य। चाणक्य तो महाराज जी! बड़ा गरीब था। हाँ बेटे! वह इतना गरीब...
- नाला नदी में शामिल हो जाता है; जबकि नाला दो कौड़ी का, गन्दा, कीचड़ से भरा हुआ होता है; लेकिन जब वह नदी में शामिल हो गया तब?...? तब नाले का पानी नदी की तरह पूजा जाता है। गंगा में गिरे हुए नाले भी गंगाजल कहलाते हैं। कैसे हो गया यह...
- नाव पार होती है, तो क्या राहगीर जो उस पर बैठा हुआ है, पार नहीं होगा?...? जिस राहगीर को तैरना नहीं आता वह कैसे पार होगा? लेकिन जो नाव में सवार हो जाता है, उस नाव का मल्लाह ...
- नाव में बैठकर जा रहे हैं, कि लाश पर बैठकर जा रहे हैं, कि रस्सी को खींचते हुए जा रहे हैं, कि साँप को खींचते हुए जा रहे हैं, उनको यह भी ज्ञान नहीं था, पर एक नारी के, अपनी पत्नी के इतना कहने से कि इस नश्वर शरीर से इतना लगाव?...? इतना लगाव भगवान से हो जाए, तो आप चमक जाएँगे, आपकी प्रतिभा चमक जाएगी और आप आने वाले समय में इसी तरह स...
- नाश की ओर जाने से क्या मतलब है?...? हर आदमी की ख्वाहिश है कि हमारी सन्तान होनी चाहिए। आज हर आदमी इतनी तेजी से सन्तान पैदा कर रहा है कि म...
- नासिका माँस-मदिरा जैसे अभक्ष्यों की दुर्गन्ध को सहन क्यों करे?...? नासिका की स्वाभाविक प्रीति स्वच्छता और सात्विकता को पसन्द करने में है। अच्छा हो हमारी नासिका सही पथ ...
- नास्तिक क्या है?...? नास्तिक माने—आस्थाओं से इन्कार करने वाला। आस्थाओं से इन्कार माने—विश्व व्यवस्थाओं से इन्कार करने वाल...
- नास्तिक हो जाऊँगा क्या?...? छोड़कर भागूँगा क्या? चला जाऊँगा क्या? मैं यही सोचता रहा। फिर एक दिन मेरे भीतर कुछ प्रकाश आया और उसने ...
- नास्तिक होने के बाद में क्या कहेंगे?...? चूँकि आप में हिम्मत नहीं है, तो नास्तिकता को किन शब्दों में कहेंगे? आप कहेंगे कि हमको टाइम नहीं मिलत...
- नास्तिकता की वजह से क्या भगवान बुद्ध में कोई कमी आ गई?...? नहीं बेटे! कोई कमी नहीं आई और न आ सकती है। भगवान को माने या न माने, किन्तु अगर आस्तिकता के सिद्धान्त अ...
- नास्तिकता की वजह से क्या भगवान बुद्ध में कोई कमी आ गई?...? नहीं बेटे! कोई कमी नहीं आई और न आ सकती है। भगवान को मानें या न माने, किन्तु अगर आस्तिकता के सिद्धान्त ...
- नास्तिकवाद का अर्थ क्या होता है?...? नास्तिकवाद का अर्थ ये होता है कि भगवान के लिए जो परावलम्बन है, उसे काटकर फेंक दिया जाए।...
- नास्तिकवाद का अर्थ क्या होता है?...? नास्तिकवाद का अर्थ ये होता है कि भगवान के लिए जो परावलम्बन है, उसे काटकर फेंक दिया जाए।...
- नाड़ियों ने देखा कि बाप ने सारा खून हमको दे दिया, क्या उसको वापस नहीं मिलना चाहिए?...? नाड़ियों ने कहा—पिताजी! आपका खून हम आपको वापस करती हैं। उन्होंने कहा—नहीं बेटा! हम आपको वापस करते हैं...
- निंदा करेंगे क्या?...? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए।
साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उसे अब हमें सुध...
- निंदा करेंगे क्या?...? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए।साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उसे अब हमें सुधार की ...
- निंदा करेंगे क्या?...? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए।साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उसे अब हमें सुधार की दि...
- निकाल और हम कहते हैं कि तेरी दौलत कहाँ है?...? निकाल, दे हमको। भगवान कहता है कि निकाल तेरे पास कहाँ है? हम दोनों अपने-अपने चाकू लिए हुए हैं, तलवार ...
- निकालने का तरीका तो हमको मालूम नहीं है, आपके पास कोई तरीका हो तो बताइये?...? जेब काटने का तरीका सबको मालूम है। आप कहें, तो आपकी जेब काट लें। ये तो आपकी शक्ति की महिमा है और क्या...
- निकृष्ट कैसे मानी गई?...? नर ने उसका अभिवन्दन करने के स्थान पर उस पर आधिपत्य कैसे जमा लिया? पूजार्ह को शोषण के बन्धनों में क्य...
- निजी आवश्यकताओं की पूर्ति तो थोड़े में ही सफलतापूर्वक सम्भव हो जाती है, फिर अतिरिक्त उत्पादन का क्या हो?...? उदारता के अभाव में उसे अभावग्रस्तों के लिए लगा सकने का तो साहस ही नहीं उभरता, फिर निजी आवश्यकताओं के...
- निन्दा से क्या मतलब?...? पूजा से क्या मतलब है? गाली देने से क्या मतलब है? लेकिन जब मैंने ये विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर...
- निन्दा, चुगली मे रस न लें, बहुत कुछ आवश्यक तथ्य सुनने के लिए शेष हैं, उन्हीं के लिए प्रवृत्ति क्यों न मोड़ी जाये?...? नासिका माँस-मदिरा जैसे अभक्ष्यों की दुर्गन्ध को सहन क्यों करे? नासिका की स्वाभाविक प्रीति स्वच्छता औ...
- निरर्थक की बातचीत करने का क्या उद्देश्य होगा?...? यह उद्देश्य होगा कि मैं ये था और मैंने ये किया था और मैं वहाँ गया था और मेरा ये हुआ था। मैं पहले य...
- निराई कहाँ से करता है?...? किसान पत्तों की काट-छाँट कैसे करता है? रखवाली कैसे करता है? भाई साहब! यह सब बातें हम पीछे बतायेंगे...
- निराई की क्या आवश्यकता है?...? बेटे! पौधों के पास खर-पतवार उग आएँगे और सारे खाद-पानी को खा जाएँगे। पौधों को उगने-बढ़ने भी नहीं देंग...
- निराकार कहाँ रहा?...? तो वह हँसते और कहते कि भाई! बात यह है कि ध्यान करने के लिए कोई न कोई आकार तो बनाना ही पड़ेगा।
...
- निराश क्यों होंगे?...? आप बुज़दिल क्यों होंगे? आप हमारी तरह से उदार होइए। हमारी तरह से पिघलने वालों में से रहिए, हमारी तरह ...
- निराशा कहाँ से आई?...? जो चीज, जैसी बनी थी, आपने वैसी कल्पना करना शुरू कर दी। आपने क्रियाओं के बारे में कल्पना करना शुरू कर...
- निरोग कैसे होता है?...? प्रश्न के उत्तर में सभी ने अपनी मान्यता व्यक्त की। रोग मुक्त होने के निमित्त सभी उपचार बताते चले गये...
- निर्जन स्थान में, जहाँ व्यवहार के लिए और कोई है ही नहीं, सिवाय ईश्वर के, वहाँ कोई भी व्यक्ति क्या आदर्श आचरण करेगा और क्या मक्कारी-बदमाशी करेगा?...? उपासना का समूह सन्दर्भ में ही कोई अर्थ और प्रयोजन हो सकता है।
जहाँ तक परम्परा की बात है, यह स्पष्ट देख...
- निर्जला एकादशी को पानी पियेंगे?...? नहीं साहब! पानी नहीं पियेंगे। आप पानी क्यों नहीं पीते है, पानी तो घर में है। लीजिए हम लाते हैं पान...
- निर्धारण आपको करना चाहिए कि कौन सा रास्ता सही है और कौन-सा रास्ता गलत है, किस रास्ते पर हमको चलना है?...? सही रास्ता तो यही है, जैसा कि मैंने अभी आपसे निवेदन किया है।
बेटे! और कोई रास्ता होता, तो हम जरूर...
- निर्धारित लक्ष्य तक पहुँचने के लिए किन मान्यताओं और गतिविधियों को अपनाया जाय?...? यही है वह आधारभूत निर्धारण, जिसके सहारे भली या बुरी दिशाओं में जीवन प्रवाह बहता है और पतन के गर्त या...
- निर्माण के लिए तो समय चाहिए न?...? श्रम चाहिए? आप समय और श्रम का एक हिस्सा उसके लिए लगा दीजिए। बस, ये दो काम आप कर लें। एक तो आप मितव्य...
- निर्माण में क्या?...? निर्माण उसे कहते हैं कि जो चीजें आपके पास नहीं हैं, चाहे जो स्वभाव, गुण और कर्म में जो बातें शामिल न...
- निर्माण में क्या?...? निर्माण उसे कहते हैं कि जो चीज़ें आपके पास नहीं हैं, या जो स्वभाव और गुण और कर्म में जो बात शामिल नही...
- निर्वाह का तिल, लालच का पर्वत बन पड़े ऐसा भी क्या?...? परिवार एक हँसता हँसाता उद्यान है, उसे भव बन्धन बनाकर क्यों रखा जाय? समाज के साथ जुड़कर उदात्त विशाल...
- निशाना लगाने की कला ठीक है?...? बेटे! अच्छा काम करने की और सफलता पाने की दुनिया में कोई कला नहीं है। सफलता पाने की एक ही कला है कि आ...
- निशाना लगाने से पहले यह बताओ कि तुमको पानी की छाया में मछली का क्या-क्या है भाग दिखाई पड़ता है?...? गुरुदेव! हमें तो केवल मछली की आँख दिखाई पड़ती है और कुछ नहीं दिखाई पड़ता। ठीक है बेटे! अपना तीर उठाओ...
- निशाने पर तीर छोड़ने से पूर्व वे छात्रों से पूछते तुम्हें क्या दीखता है?...? शिष्यगण मछली के आस-पास का क्षेत्र तथा उसका पूरा शरीर दीखने की बात कहते। द्रोणाचार्य उनकी असफलता पहले...
- निश्चय न किया होता तब?...? तब फिर सम्भव नहीं था। संकल्प कर लेने के बाद तो आदमी की आधी मंजिल पूरी हो जाती है। आपको भी अपने मनोब...
- निश्चित कब किया था भगवान को?...? भगवान् का स्वरूप था कब आपके जीवन में? भगवान् का प्रेम था कहाँ आपके पास? केवल कामनाएँ थीं, वासनाएँ थी...
- निश्चित रूप से?...? हाँ निश्चित रूप से।
सेहत देवता व हकीम नहीं दे सकते
मित्रो ! सेहत कौन दे सकता है, देव...
- निश्चित रूप से?...? हाँ निश्चित रूप से। सेहत देवता व हकीम नहीं दे सकते मित्रो! सेहत कौन दे सकता है, देवता? देवता नहीं दे...
- निष्कलंक कौन हो सकता है?...? विवेक। नहीं साहब! निष्कलंक तो इनसान होते हैं। नहीं, कोई इनसान निष्कलंक नहीं हुआ करता। रामचंद्र जी? र...
- निष्कलंक कौन हो सकता है?...? विवेक। नहीं साहब ! निष्कलंक तो इनसान होते हैं। नहीं, कोई इनसान निष्कलंक नहीं हुआ करता। रामचंद्र जी? ...
- निष्कलंक प्रभु ने पूछा-पिताजी ‘‘यज्ञोपवीत संस्कार’’ क्या होता है?...? पिता बोले-वत्स जन्म से सभी शूद्र होते हैं किन्तु जब वही शूद्र कुछ संकल्प व व्रत लेकर उद्देश्यपूर्ण ज...
- निष्ठा है आप में?...? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा बन्द हो गई है। कोई आता नहीं है। सब...
- निष्ठा है आप में?...? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा बन्द हो गई है। कोई आता नहीं है। सबमे...
- निष्ठा, श्रद्धा और आस्था किसके प्रति जगाई?...? व्यक्ति के ऊपर? व्यक्ति तो माध्यम होते हैं। हमारे प्रति, गुरुजी के प्रति श्रद्धा है। बेटा! यह तो ठ...
- निष्ठा, श्रद्धा और आस्था किसके प्रति जगाई?...? व्यक्ति के ऊपर? व्यक्ति तो माध्यम होते है। हमारे प्रति, गुरुजी के प्रति श्रद्धा है। बेटा, यह तो ठीक ...
- निष्ठुर आदमी, पत्थर के कलेजे वाला आदमी क्या भगवान का भक्त भी हो सकता है?...? भगवान का भक्त ऐसा नहीं हो सकता। भगवान का भक्त जो होगा उसके मन में करुणा तो होनी ही चाहिए, दया तो होन...
- निष्ठुर कहीं का, तू क्या एकादशी का व्रत करेगा?...? यह तो बेटे, करुणा से ताल्लुक रखता है।...
- निस्सन्देह उस समय यह आरम्भ बुद्धिमानी और दूरदर्शिता का प्रतीक था, पर आज तो वैसी विपत्ति नहीं फिर हम क्यों उसी लकीर के फकीर बने रहें और क्यों नुकसान उठाते रहें?...? किसी समय सामन्तों-नवाबों में बड़ी संख्या में औरतें रखैलें रखने की होड़ चल पड़ी थी? स्त्रियों से अन्त...
- निस्सन्देह उस समय यह आरम्भ बुद्धिमानी और दूरदर्शिता का प्रतीक था, पर आज तो वैसी विपत्ति नहीं, फिर हम क्यों उसी लकीर के फकीर बने रहें और क्यों नुकसान उठाते रहें?...? किसी समय सामन्तों-नवाबों में बड़ी संख्या में औरतें-रखैलें रखने की होड़ चल पड़ी थी। स्त्रियों से अन्त...
- नींद किसको आएगी?...? हरेक आदमी को आएगी, जिसका अन्तर्द्वन्द्व बन्द हो जाएगा। जिनके अन्दर के साँड़ लड़ना बन्द कर देंगे। जो एक र...
- नींद किसको आएगी?...? हरेक आदमी को आएगी, जिसका अन्तर्द्वन्द्व बन्द हो जाएगा। जिनके अन्दर के साँड़ लड़ना बन्द कर देंगे। जो एक रा...
- नींबू का अचार लाऊँ क्या?...? पापड़ तो नहीं चाहिए? इस तरह बहुत तबियत के साथ पूछते रहते हैं और नौकर से कहते हैं कि जो चाहिए सो म...
- नींबू क्या होता है?...? मिट्टी। जलेबी क्या होती है? मिट्टी। खाना कौन चाहता है? मिट्टी। ये क्या हैं? ये हमारी भौतिक इच्छाएँ ह...
- नीबू क्या होता हैं?...? मिट्टी। जलेबी क्या होती है? मिट्टी। खाना कौन चाहता है? मिट्टी। ये क्या हैं? ये हमारी भौतिक इच्छाएँ ह...
- नुकसान कितना हुआ?...? आठ रुपये और डेढ़ रुपया कुल साढ़े नौ रुपये हो गए। हमारा घी भी गया और आपका नुकसान हो गया सो अलग और...
- नुकसान के अलावा यह और क्या है जरा बताइए तो सही?...? लेकिन उसको ख्याल है कि इससे कल हमको अच्छी फसल मिल सकती है और हम अच्छा फायदा उठायेंगे। इसलिए आज की तब...
- नृशंस अथवा वह, जिसका रोम-रोम पीड़ा से चीत्कार कर रहा है?...? ’’ बूढ़े ने विषैली हँसी हँसते हुए कहा—अपनी क्रूरता को जाकर युद्ध-भूमि में देखना, वहाँ हम जैसे कुछ और...
- नृसिंह कैसे थे?...? एक राक्षस था—हिरण्यकश्यपु। उसको यह वरदान प्राप्त था कि कोई आदमी उसे बन्द स्थान में नहीं मार सकता, खुल...
- नृसिंह भगवान कैसे थे?...? ऊपर से तो थे—शेर और नीचे से आदमी और भी थे कई—कच्छ, मच्छ थे। चेहरा तो आदमी का था और शरीर कछुए का, जो ...
- नेक कामों की कमी है?...? नहीं, कहीं कमी नहीं है। लेकिन आपका दृष्टिकोण क्यों गन्दा है? दृष्टिकोण की वजह से आपका मन वहीं जा पहु...
- नेचर को कैसे बदलें?...? कभी आप कहते हैं कि बुड्ढे को जवान बना दीजिए, फिर दूसरे दिन कहेंगे कि जवान को बच्चा बना दीजिए, फिर ती...
- नेताओं का तो कहना ही क्या?...? किसी समय केवल उनकी सम्पत्ति देखी जाए कि उनका प्रभाव कितना है तो प्रत्येक सन्त-महात्मा का, शंकराचार्य...
- नेतृत्व किसने किया और श्रेय किसे मिला?...? यह आवश्यकता अनुभव हुई कि प्रतिगामी परिस्थितियों को बदला जाए। भारत के प्राचीन वर्चस्व और कर्तृत्व का ...
- नेतृत्व कौन करता है?...? मैं नहीं जानता। श्रेय किसे मिलता है? यह मैं नहीं जानता। एक हवा आती है, जो एक आदमी को अवतार बनने का श...
- नेपोलियन बोनापोर्ट की कहीं पूरी हुई?...? हिरण्यकश्यपु ने अपनी मनोकामना पूरी कर पाई? न कर पाई। आप तो बेकार आदमी हो, बार-बार बच्चों की तरह मनोक...
- नेपोलियन में क्या बात थी?...? आदमी था। कैसा आदमी था? क्या फरक था? कुछ भी फरक नहीं था। बेटे, सिर्फ क्वालिटी का फरक था। आपकी क्वालिट...
- नेवले से लोगों ने पूछा-वह क्या था?...? उसने कहा—वह धर्म था, जो करुणा के रूप में आदमी की परीक्षा करने आता है।...
- नेहरू ने क्यों मदद की?...? यू० पी० गवर्नमेंट में एम० एल० ए० का जब चुनाव हो रहा था, तब नेहरू ने लाल बहादुर शास्त्री के सामने एक ...
- नौ दिन तक सत्र किया और अठारह दिन तक गालियाँ पड़ी तो बता, इससे क्या फायदा हुआ?...? गुरुजी को चवन्नी की माला पहनाई और ढाई रुपये का बॉलपेन ले गया, क्या फायदा हुआ? बेटे! तू अपनी माला अपन...
- नौ शब्दों में क्या है?...? चार शब्दों में भगवान के चार नाम हैं। भगवान के चार नाम ही ऐसे हैं जिनको हम अपने जीवन में धारण कर ले...
- नौकर को खिलाने में और अपने पति को खिलाने में फरक नहीं है क्या?...? हाँ फरक है। दो जगह नहीं लगता मन मित्रो! आदमी का मन किसमें लगता है? क्या बतायें साहब! आजकल तो हमारा स...
- नौकर से पूछता है कि क्या चाहिए आपको?...? हर आदमी से पूछता है कि क्या चाहिए, हम आपकी सहायता करेंगे और देंगे। यह जवानी है।
साथियो! अभी आ...
- नौकरियाँ कहाँ रखी हैं?...? सबसे बड़ी बात है कुटुम्ब की संस्था का संचालन। कुटुम्ब एक समाज है, राज्य है, एक दुनिया है, जिसमें से म...
- नौकरी करने का लाभ ही क्या रहा?...? इस मनोवृत्ति के रहते सरकार भी कुछ कर नहीं सकती। लोक निन्दा से बचने के लिए समाज कल्याण का खर्चीला आडम...
- नौकरी कहाँ मिलेगी?...? नहीं साहब! कहीं नौकरी मिल जाय, किसी बड़े आदमी की नौकरी मिल जाय और अगर दुकान खोल लेगा तो क्या होगा? ...
- नौकरी के लिए पढ़ा रहे हैं या पढ़ने के लिए?...? बेटे, मैं पढ़ने के लिए कह रहा हूँ और तू नौकरी के लिए चिल्लाता है। पढ़ने के लिए स्कूलों में तो क्या, सड़...
- नौकरी क्यों करेगा?...? जिस आदमी के हाथों नुस्खा लग गया है कि हमारे पाप तो गंगाजी में डुबकी मारने के बाद दूर हो ही जाना ...
- नौकरी में तरक्की हो जाने को?...? लॉटरी में रुपया निकल आने को? तीन बेटियों के बाद दो बेटा हो जाने को? आपकी दृष्टि में इसके अतिरिक्त और...
- न्याय की भावना की बात उदय हो जाए कि हम लोग इनका समर्थन क्यों करें?...? इसी बात की कोशिश पण्डावाद ने भी की कि लोग समझदार न होने पाएँ। लोग समझदार हो जाएँगे तो हमारे चंगुल से...
- न्याय पूछता है कि वसूली का यह निर्णय किस ऋण के बदले में किया जाता है?...? कन्या देकर उसने क्या अपराध कर डाला, जिसका जुरमाना घर की कुर्की करा देने पर भी पूरा नहीं होता? समय-कु...
- पंक्ति के पहले बच्चे को बुलाकर पूछिये कि उसने किस चित्र का प्रारम्भ किया था?...? उसके बताने पर चित्र सभी बच्चों को दिखाइए। प्रायः चित्र कुछ और ही बन जाता है। जैसे मन्दिर का चित्र पह...
- पंच कर्म किसे कहते हैं?...? पंच कर्म कहते हैं शरीर का संशोधन। उनको पाँच कर्मों में बाँटा गया है:
(i) एक आता है टट्टियाँ जाना, द...
- पंचकर्म किसे कहते हैं?...? पंचकर्म कहते हैं शरीर के संशोधन को। इसमें स्नेहन, स्वेदन, वमन, विरेचन और वस्ति आदि पंचकर्मों के द्वा...
- पंचकर्म किसे कहते हैं?...? पंचकर्म कहते हैं—शरीर के संशोधन को इसमें स्नेहन, स्वेदन, वमन, विरेचन और वस्ति—यह पाँच क्रियाएँ होती ...
- पंचकोश किस तरीके से जाग्रत हो सकते हैं?...? पाँच दूत, पाँच देव, पाँच नौकर, जो आपके भीतर समाये हुए हैं, इनको योग्यतर एवं बलवान् बना करके अपने क...
- पंचदेवता कहाँ से आते हैं?...? वे आपके भीतर हैं। मिट्टी की परतें जम गयी हैं; उसमें दबे पड़े हैं। उन्हें जगाने की विधा के पहले उन्हें...
- पंचोपचार की प्रक्रिया क्या है?...? देवपूजन है। देवताओं की स्थापना करने के साथ-साथ आपको देवताओं का पूजन करना चाहिए, जैसा कि हम आपको करा...
- पंचोपचार क्यों करने पड़ते हैं?...? पंचोपचार में क्या करना पड़ता है? पंचोपचार में क्या होता है? रोली होती है, जल होता है, अक्षत होते हैं,...
- पंचोपचार पूरा कर लें, तो क्या मिल जाएगा?...? तब हमें पाँच संपदाएँ मिल जाएँगी। इन पाँचों संपदाओं को हम भगवान के चरणों पर अर्पित करें, ताकि वे पाँच...
- पंचोपचार में क्या करना पड़ता है?...? पंचोपचार में क्या होता है? रोली होती है, जल होता है, अक्षत होते हैं, नैवेद्य होता है और पुष्प होते ह...
- पंचोपचार में क्या होता है?...? रोली होती है, जल होता है, अक्षत होते हैं, नैवेद्य होता है और पुष्प होते हैं। ये सब होते हैं? हाँ बेट...
- पण्डित जी कहेंगे या आचार्य जी कहेंगे?...? ब्रह्मा जी कहेंगे या गुरुजी कहेंगे? नहीं साहब! हम ज़बान से मंत्र बोलते हैं। बेटे, जबान से बोलने वा...
- पण्डित जी के क्यों?...? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर होता है। इसलिए सुख की जो कीमत हो सकती है, शा...
- पण्डित जी के क्यों?...? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर होता है। इसलिए सुख की जो कीमत हो सकती है, शा...
- पण्डित जी सोचने लगे कि अब क्या करना चाहिए?...? गाँव में सबके पास गए, सबसे कहा कि सेठ जी ने हमारे रुपये मार लिए हैं। हमारे रुपये दिलवाइए। कोई लिखा-प...
- पण्डित नेहरू का जब अन्त समय आया, तो लोगों ने उनसे सलाह-मशविरा किया और पूछा कि अगर आपको मरना पड़ा, तो आपके स्थान पर किस आदमी को बैठाया जा सकता है?...? पण्डित नेहरू ने आँखें बन्द करके सोचकर कहा कि हिन्दुस्तान की वर्तमान परिस्थितियों पर मैं नजर डालता हूँ त...
- पण्डितों की सभा क्यों नहीं बनाते?...? महाराज! ये तो पण्डित हैं, ब्राह्मण हैं। नहीं, ये सब चमार हैं। चमार उसे कहते हैं जिसे चमड़े की परख आती ...
- पंद्रह दिन क्या होता रहा?...? मरहम लगाया जाता रहा, पट्टी लगाई जाती रही, ड्रेसिंग होती रही। जख्म को अच्छा करने का प्रयत्न किया जाता...
- पंद्रह मिनट बाद वे स्वयं हाथ जोड़कर कहने लगे कि मेरे लायक कोई काम नहीं बताएँगे क्या?...? वक्त आने पर बताऊँगा, अभी क्या बताऊँ, आप अपना काम ईमानदारी से कीजिए, यही क्या कम है। आपके ऊपर वही जिम...
- पंद्रह वर्ष के बच्चे को क्या पता चल सकता है?...? अपने घर में, पूजा की कोठरी में दौड़ता हुआ आसमान से आ गया था, झपट पड़ा था। गरुड़ पक्षी के बारे मे...
- पंद्रह हजार रुपए बेटा क्या है?...? पंद्रह हजार रुपए हमारी सारी जिन्दगी की कीमत है। जिन्दगी की कीमत किसे कहते हैं? अपने व्यक्तित्व को बन...
- पंद्रह हजार रुपये बेटा क्या है?...? पंद्रह हजार रुपये हमारी सारी जिन्दगी की कीमत है।...
- पका कर लाए हैं?...? हाँ साहब! और चावल कितना चावल लाए हैं? गणेश जी पर चढ़ा रहे थे—अक्षतान् समर्पयामि। दिखाइये चावल जरा। ये...
- पकाए हैं ना?...? नहीं साहब! पकाने की क्या जरूरत है इसमें? थाली में रखकर ला। नहीं साहब! थाली में भी क्या करेंगे आप? क्...
- पकाने की क्या जरूरत है इसमें?...? थाली में रखकर ला। नहीं साहब! थाली में भी क्या करेंगे आप? क्या करेंगे? यहीं पटक देंगे, ये छह चावल के ...
- पके आम के दाम ज्यादा होते हैं न?...? अब देखो हम कैसे हैं? हम पिलपिले हैं। हमारे गाल पिलपिले हो गए हैं और आपके अभी कड़े हैं। आप सब बेकार आद...
- पक्के घड़े में पानी भरा रहेगा तो पानी के अलावा उसमें क्या आएगा?...? मित्रो! यही हुआ। रावण के पास लक्ष्मण जी दुबारा गये। तब उस समय जा करके पैरों की तरफ खड़े हो गये। हाथ ज...
- पक्षपात और भ्रष्टाचार को कहाँ प्रश्रय नहीं मिल रहा है?...? ऐसी दशा में हर विचारशील की आँखों के आगे अँधेरा छाता है और लगता है कि बुरे दिन तेजी से बढ़ते आ रहे हैं...
- पक्षियों से पूछा—आपने सीता देखी?...? जानवरों से पूछा—सीता आपने देखी? किसी ने जवाब नहीं दिया, तो चिल्ला करके हवा से पूछने लगे—सीता! सीता! ...
- पक्षी ऐसा मस्त सोता रहता है कि आँधी आये, तो क्या?...? तूफान आये तो क्या? न हिलता है, न डुलता है। गिरने की बात ही नहीं उठती।मित्रो! कबूतर भी एक पक्षी है।...
- पक्षी और पेड़-एक खिलाड़ी घेरे में खड़े हुए खिलाड़ियों में से किसी एक खिलाड़ी से पूछेगा ‘‘तुम्हारा क्या नाम है?...? तुम कहाँ रहते हो/रहती हो?’’ इसके उत्तर में वह अपने नाम व रहने के स्थान का पहला अक्षर बतायेगा। ‘प्रश्...
- पकड़ में कैसे नहीं आएँगे?...? हनुमान् को पकड़ में जरूर आना पड़ेगा। हनुमान् जी पकड़ में जरूरत आ गए। हनुमान् जी पकड़ में नहीं आए, हनुम...
- पकड़ में कैसे नहीं आएँगे?...? हनुमान को पकड़ में जरूर आना पड़ेगा। हनुमान जी पकड़ में जरूर आ गए। हनुमान जी पकड़ में नहीं आए हनुमान जी क...
- पचास रुपये में कैसे गुजारा करें?...? बच्चों को पढ़ाना भी था, मियाँ-बीबी का भी खर्च था। कैसे गुजारा करें? उनका रहन-सहन कुछ अजीब था। उनके ...
- पचास लाख मनुष्यों को दीक्षा दे चुका हूँ और करोड़ों मनुष्यों के दिल और दिमाग के ऊपर सारे विश्व भर में छाया हुआ हूँ, ये चमत्कार नहीं है, क्या?...? हाँ, मुझ जैसा साधनहीन व्यक्ति जिसके पास कोई पैसे की सहायता करने वाला नहीं, जिसको कोई समर्थन देने वाल...
- पचास साल जिसके साथ में गुजारे, उसे हम कैसे भुला सकते हैं?...? वह नहीं भुलाया जा सकता, लेकिन फिर भी मैं भीतर से इतनी कड़ी और इतनी हिम्मत वाली हूँ कि मैं आँसुओं को ...
- पचास-पचास रुपये में एक-एक बुढ़िया की आँखों का आपरेशन तू करा सकता है?...? पाँच हजार रुपये में सौ बुढ़ियाओं की आँख का आपरेशन हो सकता है। नहीं साहब! पाँच हजार रुपये की अँगूठी खर...
- पच्चीस आदमी हवन करने के लिए बैठे हों तो क्या करना चाहिए?...? डिसिप्लिन कायम रखना चाहिए और देखना चाहिए कि एक तरीके से सबकी क्रियाएँ हो रही हों। इतने आदमियों पर हा...
- पच्चीस आदमी हवन करने के लिए बैठे हों तो क्या करना चाहिए?...? डिसिप्लिन कायम रखना चाहिए और देखना चाहिए कि एक तरीके से सबकी क्रियाएँ हो रही हों। इतने आदमियों पर हा...
- पच्चीस रोटी हम कैसे खा सकते हैं?...? हम तो चार रोटी ही खायेंगे। इस तरह आपका कोटा मुकर्रर है। आपने पाँचवी रोटी खाई और पेट में दर्द शुरू ...
- पच्चीस वर्ष का हो तो क्या, अट्ठाइस वर्ष का हो तो क्या, बत्तीस वर्ष का हो तो क्या?...? वह बूढ़ा आदमी है और मौत का शिकार है। उसके सामने जिन्दगी का कोई लक्ष्य नहीं है, उसके सामने कोई चमक नह...
- पटेल, गाँधी, नेहरू, तिलक, अब्दुल कलाम आजाद जैसे निस्पृह, कैरियर पर लात मारकर स्वतन्त्रता संग्राम में अपनी क्षमता एवं प्रतिभा की आहुति देने वाले अब कहाँ रहे?...? गाँव-गाँव में, नगर-नगर में रामायण की चौपाइयों के माध्यम से जन क्रान्ति का बीजारोपण करने वाले राघवदास...
- पट्टी क्या होती है?...? लकड़ी की तख्ती होती है बड़ी वाली। कलम लेते हैं और खड़िया का घोल बुदक्का में बनाते हैं और उसमें से लिखते...
- पट्टी बाँध लेने पर उसकी आँखों में इतना तेजस् आ गया कि जब महाभारत युद्ध हुआ और दुर्योधन हारने लगा तो उसने कहा कि क्या करना चाहिए?...? दुर्योधन को बताया गया कि तेरी माँ की आँखों में वह तेज भरा हुआ पड़ा है कि अगर वह अपनी आँखों की पट्टी ख...
- पट्टी से क्या मतलब है?...? आँखों का जो बिखराव है, उसे बन्द कर दिया। आँखों पर पट्टी बाँध लेने से मतलब कपड़ा लपेट लेना नहीं है। बि...
- पड़ाव कहाँ पड़ेगा?...? शान्तिकुञ्ज में। कितने दिन रहेंगे? दस दिन रहेंगे। पड़ाव में खूब मजा आएगा। वहाँ सस्ता भोजन मिलता है। ठह...
- पड़ोस में कोई बच्चा नहीं होता?...? अन्य बच्चों से आपका कोई ताल्लुक नहीं होता।
मित्रो! समाज के लोगों से भी आपका ताल्लुक होना चाहिए। ...
- पड़ोस में जो दूसरे आदमी रहते हैं, उनके भी आप बाल बनाते हैं क्या?...? कभी नहीं साहब! उनके तो हम नहीं बनाते। उनको कपड़ा पहनाते है क्या? नहीं पहनाते। उनको आप क्यों नहीं पहना...
- पड़ोसी से तो लड़ाई है हमारी, वो हमें सहायता नहीं देगा और किससे माँगेंगे?...? पिताजी से। नहीं पिताजी भी हमसे नाखुश हैं, वो नहीं देंगे। तो भाई से माँग लीजिए। नहीं भाई ने भी मना कर...
- पड़ोसी से पूछता है कि क्या चाहिए आपको?...? नौकर से पूछता है कि क्या चाहिए आपको? हर आदमी से पूछता है कि क्या चाहिए, हम आपकी सहायता करेंगे और दें...
- पड्डे की क्या बात कह रहे थे?...? सिपाहियों से पूछा—क्या कह रहा था ये। हुजूर! आपके हाथी को ये पड्डा बता रहा था—पड्डा माने भैंस का बच्च...
- पढ़ा सकता था?...? नहीं पढ़ा सकता था, लेकिन कबीर उन्नति करते हुए चले गए।
मित्रो ! कबीर के ऊपर हिन्दुस्तान में कितने...
- पढ़ा-लिखा आदमी पंखे के नीचे बैठकर काम करेगा और कोई फायदा?...? बेटे, और कोई फायदा नहीं। गया-गुजरापन, पिछड़ापन पढ़े-लिखे और बिना पढ़े में बिलकुल बराबर है। अगर सच्ची...
- पढ़े-लिखे नहीं तो हम उनका क्या करेंगे?...? हमें वह व्यक्ति चाहिए जो खुद जानदार हैं और दूसरों में भी जान डालें। दूसरों में जान डालें ऐसे व्यक्ति...
- पढ़े-लिखे लोगों में जाइए और उनसे जानिए कि धर्म क्या है?...? तो वे यही कहेंगे कि धर्म माने अफीम की गोली, जिसको खाकर के आदमी मदहोश हो जाता है। कर्तव्यों को भूल जा...
- पढ़े-लिखे हैं तो क्या, नहीं पढ़े हैं तो क्या?...? पढ़े-लिखे लोगों के लिए स्वाध्याय और सत्संग हो सकता है। बिना पढ़ों के लिए चिन्तन और मनन हो सकता है। बह...
- पण्डित लोग पूजा-पाठ का क्रिया-कृत्य तो बहुत करते थे पर यह नहीं बताते थे कि इस प्रक्रिया का तात्पर्य एवं प्रयोजन क्या है?...? सामूहिक आयोजनों में व्याख्या-विवेचन द्वारा यज्ञोपवीत की उपयोगिता भी सर्व-साधारण को समझाई जा सकती है ...
- पण्डितजी से पूछना कि पण्डितजी दिमाग में किसी के पानी निकलता हो, तो वो रात को सोयेगा कैसे?...? हमें नहीं मालूम सोयेगा कैसे? जब पानी निकलेगा, तो आप करवट ले के देखिये और हम आपको एक नल लगाये देते है...
- पतंग अपनी डोरी को बच्चे के सुपुर्द न करे, तब?...? उड़ाने वाले के सुपुर्द न करे, तब? उसको जमीन पर पड़ा रहना पड़ेगा। अगर आप भी अपने जीवन की डोर और आधार भगव...
- पतंग की डोरी को, एक बार सौंप कर तो देखिए—उस भगवान के हाथ अपनी बागडोर को, फिर देखिए पतंग कहाँ तक जाती है?...? पतंग का कोई जोर नहीं है, पतंग की कोई शक्ति नहीं है, शक्ति है उस उड़ाने वाले की, उस पतंग की नहीं। शक्...
- पतझड़ ग्रस्त पेड़-पौधों को पुष्प-पल्लवों से लादने में मानवीय प्रयत्नों की पहुँच कहाँ तक हो सकती है?...? सूखी जमीन को हरा-भरा बनाने में सिंचाई के प्रयत्न कितने क्षेत्र में सफल हो सकते हैं। इसका अनुमान सहज ...
- पतन का क्रम कहाँ से कहाँ पहुँचा?...? लोग गिरने और गिराने में प्रतिस्पर्धा मानने लगे। इसी प्रवाह को यदि उलट दिया जाये तो अगली शताब्दी में ...
- पतली खाते हैं क्या?...? माताजी के हाथ की ऐसी-ऐसी मोटी रोटी खाया कीजिए, आप मोटे हो जायेंगे। वह गुरू आदमी था, हँसी की बात नह...
- पता नहीं किताबी आदमी क्या होने वाला है?...? कुछ भी तो होने वाला नहीं है। उन्नति का पथ कैसे खुलने वाला है?इसीलिए विद्या इसलिए नहीं है कि हम पास ह...
- पता नहीं क्या है?...? मेरे माँ-बाप पहना गए थे, उसमें से एक दाना निकाला और एक दाना बेच करके आ गए। वह तो लाखों का बिका, अरे ...
- पता नहीं भगवान ने हमारी जेब में क्या-क्या दिया है?...? परन्तु हमने इनसान के लिए अपनी जेब को हमेशा खाली किया है। हमने कुछ भी बचाकर नहीं रखा। तप, पैसा, जान जो...
- पता नहीं, किस धारा में कहाँ चला जाएगा और जमीन सूखी-की रह जाएगी?...? जमीन को काटता हुआ चला जाएगा। इसे रोक सकते हैं? हाँ, रोक सकते हैं। अगर आप बाँध बनाने का मतलब समझ गए ह...
- पता ही नहीं चलेगा कि हनुमान जी कहाँ गये?...? ऐसे जबरदस्त आदमी थे, जिनको हनुमान जी फतह करते चले गये। अच्छा तो आप हनुमान की प्रशंसा करते हैं? हनुमा...
- पति के बगैर—उसके पास पति न हो, तो उसका दिल कितना दहलता होगा, कैसे अपना वक्त काटती होगी, आप तो नहीं जान सकते?...? बेटे! पर शायद कोई महिला होगी, वह समझती होगी कि माताजी ने गुरुजी के बगैर कैसे अपना वक्त काटा होगा? जब...
- पति के बाद फाँसी लगाकर मर जाय तो क्या?...? और जहर खा करके मर जाय, तो क्या? जल में डूब मरे, तो क्या? चलेगा? हाँ बेटे, यह रिवाज अच्छा हो तो चलना ...
- पति के साथ व्यवहार किस तरीके से किया जाए?...? सास क्या होती है? देवर किसे कहते हैं? बच्चे किसे कहते हैं? अमुक बात कैसे होती है, मेहमान किसे कहते ह...
- पति को उससे क्या सहयोग मिला?...? बच्चे क्या सुरक्षा पा सके? देश की अर्थव्यवस्था और सामाजिक प्रगति में पिछड़ी नारी ने क्या योगदान दिया...
- पति को उससे क्या सहयोग मिला?...? बच्चे क्या अनुदान पा सके? देश की अर्थ व्यवस्था और प्रगति में पिछड़ी नारी ने क्या योगदान दिया? समाज क...
- पति को उससे क्या सहयोग मिला?...? बच्चे क्या अनुदान पा सके? देश की अर्थ-व्यवस्था और प्रगति में पिछड़ी नारी ने क्या योगदान दिया? समाज क...
- पति को प्रसन्न रखने, उसके कार्यों में हाथ बटाने और बोझ हल्का करने के सम्बन्ध में उसे कुछ ज्ञान ही न होगा, कुछ सीखा, जाना ही न होगा तो बेचारी करेगी भी क्या?...? बच्चों का प्रजनन तो हर योनि की मादा कर सकती है, पर उनका निर्माण और विकास करना माता का काम है। माता क...
- पति बनना चाहता है या भक्त बनना चाहता है?...? यह क्या कह रहा है गंदे मुँह से। बेटे, देवी हमारी माँ है। माँ हुकुम देती है और बच्चे को उसका पालन करन...
- पति बनना चाहता है या भक्त बनना चाहता है?...? यह क्या कह रहा है गंदे मुँह से। बेटे, देवी हमारी माँ है। माँ हुकुम देती है और बच्चे को उसका पालन करन...
- पतिदेव की अनुपस्थिति में सब व्यवस्था कैसे होगी?...? मुझे यह चिन्ता सताये जा रही थी। एक रात हम दोनों ने स्वप्न में देखा कि एक श्वेताम्बर महिला हमारे आँगन ...
- पत्ते को कोई चढ़ाता है?...? जड़ को कोई चढ़ाता है? नहीं। फूल को ही चढ़ाते हैं—इसका अर्थ है भगवान के सिर पर अगर आपको विराजना है, भगवा...
- पत्ते खाने की क्या वजह है?...? उन्होंने कहा—पत्ते खाने की एक ही वजह है कि दुनिया में अनाज बहुत है, फिर भी कितने ही बच्चे भूखे बैठे ...
- पत्तों को कोई बुलाता है क्या?...? वे अन्धाधुन्ध भागते हुए चले आते हैं। अरे बाबा! तुम कहाँ जा रहे हो? हम तो कहीं नहीं जा रहे, इस दौड़ती ...
- पत्तों को मैं ही खा जाऊँगा तो दुनिया में अन्य लोगों के लिए क्या बाकी रहेगा?...? इसलिए मैं तो सूखे पत्ते खाता हूँ, ताकि सबसे बेकार खाली चीज दुनिया वालों के काम न आये। मैं अच्छी चीजो...
- पत्थर का क्या पति होगा?...? बेचारा! अपने आप पड़ा हुआ है एक कोने में। पति तो रोटी भी खिलाता है, प्यार भी करता है और काम करता है। प...
- पत्थर की बनाते तो चौबीस घण्टे कहाँ लिए फिरते?...? सूत की इसलिए बना दी गई है कि चौबीस घण्टे इसे शरीर के साथ में लपेटा जा सके। गायत्री मंत्र में नौ शब्द...
- पत्थर की रख लूँ?...? नहीं बेटे! अगर टोपी पहनेगा, तो दिक्कत आएगी। तो किसकी रखू? चल मैं तुझे ऐसी चीज बता देता हूँ, जो कि मू...
- पत्थर की रख लूँ?...? नहीं बेटे! अगर टोपी पहनेगा, तो दिक्कत आएगी। तो किसकी रखूँ? चल मैं तुझे ऐसी चीज बता देता हूँ जो कि मू...
- पत्थर को देवता मान लिया; पत्थर को भगवान मान लिया; पत्थर को न जाने क्या मान लिया?...? पत्थर को प्रतीक, प्रतीक पत्थर को पति मान लिया। पत्थर को माना जा सकता है? पत्थर का पति नहीं हो सकता। ...
- पत्थर को माना जा सकता है?...? पत्थर का पति नहीं हो सकता। पत्थर का क्या पति होगा? बेचारा! अपने आप पड़ा हुआ है एक कोने में। पति तो रो...
- पत्थर कोई खा सकता है रोटी?...? कौन खाता था? आदमी का विश्वास खाता था और मीरा के साथ नाचता कौन था? कृष्ण? कृष्ण नहीं, श्रीकृष्ण को मर...
- पत्थर क्या कर सकता है?...? कुछ भी नहीं कर सकता है।तो साहब! प्रतीकों में कोई सामर्थ्य न हो तो? तो भी प्रतीकों को जिन्दा किया जा ...
- पत्थर न मिलता तो?...? तो मुश्किल थी। क्यों? क्योंकि आदमी की श्रद्धा को परिपक्व करने के लिए, श्रद्धा का संवर्धन करने के लिए...
- पत्थर में चमत्कार है?...? नहीं बेटे! पत्थर में कोई चमत्कार नहीं है। फिर मीरा का गिरिधर गोपाल क्या था? मीरा ने अपनी श्रद्धा के ...
- पत्थर में चमत्कार हो सकते हैं?...? हाँ, हो सकते हैं। कहाँ से आते हैं चमत्कार? यह मनुष्य की श्रद्धा में से आते हैं। श्रद्धा में से भगव...
- पत्थरों में क्या चमत्कार हो सकता था और क्या होगा?...? श्रद्धा ही है जो पत्थर को भी भगवान बना सकती है। एकलव्य की बात सुनी है न आपने। वह भील का एक लड़का था ज...
- पत्थरों में क्या चमत्कार हो सकता था, और क्या होगा?...? श्रद्धा ही है जो पत्थर को भी भगवान बना सकती है। एकलव्य की बात सुनी है न आपने। वह भील का एक लड़का था ...
- पत्थरों में क्या चमत्कार हो सकता था, और क्या होगा?...? श्रद्धा ही है जो पत्थर को भी भगवान बना सकती है। एकलव्य की बात सुनी है न आपने। वह भील का एक लड़का था ज...
- पत्नी | पत्नी बड़ी जबरदस्त होती है, पत्नी को क्या समझ रखा है?...? वह जब तक दबती रहती है, तब तक दबती रहती है, उसका स्वभाव है, त्याग है, दबना ही चाहिए। चलिए यह तो मैं न...
- पत्नी के साथ उनका व्यवहार?...? बेटे! हमारे साथ में उनका व्यवहार कभी पत्नी जैसा रहा ही नहीं। उन्होंने सब बच्चों के सामने भी माताजी क...
- पत्नी कौन है?...? हमारी बेटी है। हमारी बेटी के ऊपर आप गुलामों जैसा शासन करेंगे? हम गुलामों जैसा शासन नहीं करने देंगे, ...
- पत्नी कौन है?...? हमारी बेटी है। हमारी बेटी के ऊपर आप गुलामों जैसा शासन करेंगे? हम गुलामों जैसा शासन नहीं करने देंगे, ...
- पत्नी ने कहा कि जब ये बैंगन सुगन्ध न प्राप्त कर सके, खुशबू प्राप्त न कर सके और स्वाद न प्राप्त कर सके, तो फिर यह तीर्थयात्रा आपको शान्ति दे पायेंगे क्या?...? भगवान् के दर्शन, कर्मकाण्ड आपको शान्ति दे पायेंगे क्या? मल्लाह के हृदय कपाट खुल गये और उसने अपने भ...
- पत्नी ने कहा—मुझे तो मिलेंगे नहीं, कहाँ चले गये हैं?...? तुम भी थके हुए हो और मेरी भी तबियत ढीली है, मैं कहाँ से ढूँढ़कर लाऊँ? तुम खाना खा लो ना। मैं उनको...
- पत्नी ने कहा—हमें नहीं मालूम आपने क्या किया है?...? आप पाप कमाते हैं या पुण्य कमाते हैं। आप हमारी उदरपूर्ति के लिए हैं। हम आपके साथी नहीं हैं, पाप-पुण्य...
- पत्नी भी हैरान हुईं कि फिर वह महिला कौन थीं?...? और इतनी देख−भाल इतनी देख−भाल तो कोई अपने सगे रिश्तेदार भी नहीं करते।
फिर जब उन कार्यकर्ता ने देवस्...
- पत्नी से कहा पता नहीं कब माहौल अनुकूल बनेगा?...? मेरा विचलन देखकर पत्नी बहुत आक्रोशित हुई और बोली, ‘‘खबरदार, जो फिर ऐसी बात कही। जो होगा देखा जायेगा।...
- पत्नी, रोकने के बावजूद जबर्दस्ती कमरे में आकुल-व्याकुल होती हुई आईं और पूछा, ‘‘क्या हो गया इन्हें?...? कैसे हैं? और वह माताजी, जो अभी-अभी कमरे में आई थीं कहाँ गईं?’’
डॉक्टरों ने कहा, ‘‘हाँ एक शुभ्रवस्त्...
- पत्रकारों ने पूछा—आप लोगों में क्या बातचीत हुई?...? उन्होंने कहा—पैंतालीस मिनट में हमने इतनी ज्यादा बातचीत की, जो कि पैंतालीस महीनों में भी सम्भव नहीं थ...
- पत्रा देखकर बताइए कि हमारे ग्रह कैसे हैं?...? ला, पहले पत्रा का पूजन तो कर। अरे पण्डित जी! हम तो खाली हाथ आ गए। बेटा खाली हाथ नहीं आते। देवता के सा...
- पत्रा देखकर बताइए कि हमारे ग्रह कैसे हैं?...? ला, पहले पत्रों का पूजन तो कर। अरे पण्डित जी! हम तो खाली हाथ आ गए। बेटा खाली हाथ नहीं आते। देवता के स...
- पदार्थों के सरंजाम जुटाने में किस प्रकार के प्रयास-परिवर्तन करने होंगे?...? उत्तर उन प्रश्नों के भी हो सकते हैं और कार्यक्रम तदनुरूप भी बन सकता है। योजनाएँ बनाने वाले इन्हीं गो...
- पन्द्रह मिनट में क्या हो जाएगा?...? इस जन्म में तो आप नर्क की जिन्दगी जी रहे हैं। मरने के बाद स्वर्ग में जाएँगे आप! बिल्कुल नहीं। जैसे अ...
- पब्लिक को कैसे समझायें?...? मेरे तो जैसे प्राण ही निकले जा रहे थे। अब मैं मन ही मन कभी भगवान से तो कभी गुरुजी से अनुनय-विनय करने...
- पर अब क्या हो?...? कौन करे? किस बलबूते पर करे? राजकुमारी की आँखों से आँसू टपकने पर और कहने पर कि ‘‘को वेदान् उद्धरस्यसि...
- पर अब सुरक्षा का खतरा भी है तथा अब सम्पत्ति की सुरक्षा हेतु बैंक जैसे प्रबन्ध भी हैं, तब फिर स्त्रियाँ शरीर पर व्यर्थ बोझ क्यों डालें?...? व्यर्थ में गहने क्यों पहनें? यह हमारी सामाजिक सुव्यवस्था, राष्ट्रीय विकास तथा नैतिकता के लिए अब परमा...
- पर अभी समग्र प्रयोजन पूरा कहाँ हुआ?...? जो करना शेष है जितना कराना बाकी है, वह कहीं अधिक है। विगत की तुलना में आगत अधिक भारी है। उस जिम्...
- पर अलग कहाँ?...? भावों के सदृश्य सेतु से वह सघनता से जुड़े थे। ईसा पूर्व २३२ वें साल तक वह जीवित रहे। परवर्ती जीवन मे...
- पर अहंता को चैन कहाँ?...? वह सारी प्रशंसा, सारा बड़प्पन सारे, अधिकार अपने ही हाथ में रखना चाहती है। दूसरे की साझेदारी उसे सहन ...
- पर आज तो वैसी अनीति का अस्तित्व नहीं रह गया है फिर उन घृणास्पद बन्धनों में नारी को जकड़े रहने की आवश्यकता क्यों समझा जाय?...? अरब के रेगिस्तान में उड़ने वाले सूखे रेत से आँखों की रक्षा करने के लिए बुर्का ओढ़ने का औचित्य हो सकत...
- पर आज तो वैसी अनीति का अस्तित्व रह नहीं गया है, फिर उन घृणास्पद बन्धनों में नारी को जकड़े रहने की आवश्यकता क्यों समझी जाए?...? अरब के रेगिस्तान में उड़ने वाले सूखे रेत से आँखों की रक्षा करने के लिए बुरका ओढ़े रहने का औचित्य हो ...
- पर आप अपने बच्चे तक ही सीमित रहेंगे?...? गूलर के भुनगे के तरीके से एक छोटे दायरे तक ही सीमित रहेंगे? घर के भीतर जो रहते हैं, क्या वही बच्चे ह...
- पर आप एक बात का जवाब दीजिए कि आप इन्हें खर्च कैसे करते हैं?...? किस आदमी ने कैसे कमाया, यह हिसाब मैं नहीं करता। मैं तो अध्यात्म की दृष्टि से विचार करता हूँ कि किस आ...
- पर आपको तो कोई रोग नहीं फिर ऐसा क्यों कहते हैं?...? मत कहिए। मुझे जाने दीजिए न। यह तीन साल पहले की बात बता रही हूँ, अपनी उनकी इच्छानुसार ही, जो कुछ हुआ ...
- पर आपने ऐसा क्यों नहीं किया?...? कर भी क्या सकते थे? यह जो हमारा मन है, यह ऐसा बेईमान, बदमाश, दुष्ट, दुराचारी, अन्यायी-अत्याचारी नौकर...
- पर इनका सफाया किसने कर दिया?...? बेटे! यह सत्यनारायण स्वामी ने कर दिया और महाकाल के मन्दिर ने कर दिया। इन खिलौनों ने कर दिया। इन खिलौन...
- पर इनका सफाया किसने कर दिया?...? बेटे! यह सत्यनारायण स्वामी ने कर दिया और महाकाल के मन्दिर ने कर दिया। इन खिलौना ने कर दिया। इन खिलौनो...
- पर इस पानी से क्या होगा?...? एक बालटी पानी से तो मैं रोज ही स्नान कर लेता हूँ और आप तो जरा सा जल हथेली पर लेने के लिए कहते हैं। इ...
- पर इस पानी से क्या होगा?...? एक बालटी पानी से तो मैं रोज ही स्नान कर लेता हूँ और आप तो जरा सा जल हथेली पर लेने के लिए कहते हैं। इ...
- पर इस बात को समझने में जरा अधिक जोर लगाना पड़ेगा कि भारत में अमीरी का प्रदर्शन क्यों होता है?...? यहाँ अमीरों के साथ जुड़े हुए, प्रमुख दीख पड़ने वाले काले पक्ष को विशेष रूप से देखना होगा। यों इसके अ...
- पर इस व्यवहार से अब हम खाना खाने कैसे जायें?...? ’’
माताजी ने भारती अम्मा और सोमा अम्मा को बुलाया और उक्त व्यवहार के लिये डाँट लगाई। फिर आगे से किसी...
- पर इसका प्रभाव तो इस कसौटी पर आँका जायेगा कि अध्यात्मवाद के सिद्धान्तों और आदर्शों को किस सीमा तक हमारी विचारणा, आस्था और कार्य-पद्धति में कितना स्थान मिला?...? शरीर और मन को सुख देने वाली तृष्णाओं से कन को मोड़कर उन्हें आत्मकल्याण के प्रयोजनों में किस सीमा तक ल...
- पर इसमें कमियाँ कम हैं क्या?...? बुराइयाँ कम हैं क्या? एक-से-एक दुष्ट और एक-से-एक बेईमान दुनिया में भरे पड़े हैं। तो फिर क्या करें? द...
- पर इसमें कमियाँ कम हैं क्या?...? बुराइयाँ कम हैं क्या? एक से एक दुष्ट और एक से एक बेईमान दुनिया में भरे पड़े हैं। तो फिर क्या करें? दु...
- पर इसे मानता कौन है?...? किसी भी तरीके से उचित अनुचित को ध्यान में रखे बिना अधिक से अधिक कमाया जाय और उससे अधिक से अधिक ठाट-ब...
- पर इस्तेमाल करना हमको कहाँ आया?...? मित्रो! उस स्वर्ग की कल्पना करना व्यर्थ है, जो कि मरने के बाद मिलता है। क्योंकि आपको यदि स्वर्ग भे...
- पर उतना कष्ट कौन करे?...? आत्मनिरीक्षण, अपनी त्रुटियों को ढूँढ़ना, अपने विचारों, आदतों और कार्यों में सुधार करना उस झमेले में ...
- पर उस दुुर्गुण के इस सीमा तक पहुँच जाने को क्या कहा जाए, जिसमें अपने आपके आत्मगौरव को—ओजस्, तेजस् और वर्चस् को ही भुला जाए?...? आज कुछ ऐसा ही सम्मोहन-व्यामोह किसी शैतान द्वारा बिखेरा गया दीखता है, जिससे हतप्रभ होकर व्यक्ति अपने ...
- पर उस प्रयास का अभ्यास कहाँ हो?...? सिद्धान्त को आदत में बदलने के लिए कहीं न कहीं अभ्यास तो करना ही होगा। बलिष्ठता के लिए व्यायामशाला, व...
- पर उस सूखी हँसी से बनता क्या है?...? आजीविका न हो तो फिजूलखर्ची की रंगीली पतंगबाजी कितनी देर काम आती है? श्रमपूर्वक उपार्जन और एक-एक पाई ...
- पर उसने विद्या में रस लिया कब?...? रूठा जो बैठा रहा।देवत्व के सारे उपकरण अपने भीतर विद्यमान थे। एक उँगली के सहारे यह सारा साज झंकृत ह...
- पर एक चीज भूलें नहीं—गायत्री मंत्र का क्या मतलब होता है?...? क्या अर्थ होता है? यह जरूर बतायें। लोगों से यह भी कहें कि केवल अर्थ को सुन लेना ही काफी नहीं है। राम...
- पर एक नारी के, अपनी पत्नी के इतना कहने से कि इस नश्वर शरीर से इतना लगाव?...? इतना लगाव भगवान से हो जाए तो आप चमक जाएँगे, आपकी प्रतिभा चमक जाएगी और आप आने वाले समय में इसी तरह से...
- पर ऐसा मित्र हमें कहाँ से मिले?...? और कहाँ से मिले? सखा, मित्र के बिना, साथी-सखा के बिना सूना जीवन एकाकी प्रेत और पिशाच की तरह से मरघ...
- पर ऐसा होता कहाँ है?...? ऐसे जोड़े मिलते कहाँ है? जब तक वैसी स्थिति प्राप्त न हो, केवल इन्द्रिय सुख के लिए काम सेवन एक क्षणिक ...
- पर ऐसे पुण्य कर्मों से ही, कौन मनुष्य अपने उद्देश्य तक पहुँच सकता है?...? यज्ञ, तप, ज्ञान, सांसारिक धर्म में लोक-जीवन और समाज-व्यवस्था के लिए उन्हें करते रहना धर्म है,। पर इस...
- पर कठपुतली अपने को समर्पण तो करे, किसी के हाथ में सौंपे, फिर देखिए कमाल, क्या नाच नचाता है?...? कौन? वह जिसके हाथ में डोरी सौंपी गई है, वह नचाता है, कभी राजा बना देता है, कभी रानी बना देता है, कभी...
- पर कहे कौन किससे?...? ज्ञान-वैराग्य की कथा कहते रहने वाले ही जब श्रोता-भक्तजनों से भी अधिक गए-गुजरे सिद्ध होते हों, तो ‘‘स...
- पर किया क्या जाए?...? भौतिक विज्ञान जहाँ शक्ति और सुविधा प्रदान करता है, वहीं प्रत्यक्षवादी मान्यताएँ नीति, धर्म, संयम, स्...
- पर केवल गुरुदेव को निमंत्रण कैसे दें?...? सबकी व्यवस्था कर पाना उनके लिये सम्भव नहीं था। पर महाकाल से कुछ छिपा रहता है भला।
पूज्यवर ने उद्घाटन...
- पर कौन मानता है?...? सरकारी कानून समाज में सुव्यवस्था बनाने के लिए काफी नहीं हैं तो फिर कौन-सा होना चाहिए? येन बद्धो बलीर...
- पर क्या इतने से सुग्गे को गायत्री माता सिद्ध हो गई?...? क्या वह आशीर्वाद दे सकता है? नहीं, क्योंकि उसे मात्र अक्षर याद हैं। अक्षर याद कर लेने भर से अध्यात्म...
- पर क्या कभी यह हमारे दिमाग में आया?...? कभी नहीं आया। केवल लक्ष्यविहीन कर्मकाण्ड, भावनारहित कर्मकाण्ड करते रहे, जिनके पीछे न कोई मत था न उ...
- पर क्या कर सकते हैं?...? पुराने जमाने के, आदिमकाल के सारे के सारे प्राणी, सारे के सारे जानवर नेस्तनाबूद हो गए।
लेकिन मित्रो...
- पर क्या दिया है?...? किसी को बेटा दे दिया, किसी का मुकदमा जितवा दिया। किसी की खाँसी दूर कर दी। अरे तो इससे क्या बना, कुछ ...
- पर क्या यह प्रकृति की देन है?...? क्या यह उसका अपना उपार्जन है? गहराई से देखने पर पता चलेगा कि यह बलिष्ठता उसे माता के, पत्नी के, भगिन...
- पर क्या हम और इसका इस्तेमाल कर पाते हैं?...? मालवीय जी ने मुझे सबसे कीमती एक ही बात बताई थी कि गायत्री मंत्र का संबल आप पकड़ लें तो पार हो सकते है...
- पर गाय की इच्छा के बिना, हम गाय के पास भी नहीं जा सकते?...? बेटे, आप जानवर होते, तो भी आपने मर्यादा का पालन किया होता, लेकिन आपने अपनी सेहत का सत्यानाश कर लिया।...
- पर गुरुदेव से कहे कौन?...? गुरुजी से कहने की किसी की हिम्मत नहीं पड़ रही थी? सभी आपस में काना-फूसी कर रहे थे।
आखिर में श्री सत्...
- पर जब तलक लोक मान्यता यही बनी रहेगी, तब तक उसका सही मूल्यांकन न हो सकेगा और जिसका कुछ मूल्य ही नहीं समझा गया उसे मान देना या ऊँचा उठाने की आवश्यकता भी कौन अनुभव करेगा?...? पाकशाला का उत्तरदायित्व नारी संभालती है। कच्चे खाद्य पदार्थ को परोसी गई रसोई की स्थिति तक पहुँचाने म...
- पर जहाँ दूसरों की सुविधा की बात कभी ध्यान में ही आती न हो, वहाँ ऐसा विचार करने का कष्ट कौन उठाये?...? नारंगी आदि के छिलके लोग यों ही फेंकते रहते हैं और आये दिन दुर्घटनाएँ होती रहती हैं।कितने ही लोग गाय ...
- पर जाएँ तो जाएँ कैसे?...? घर के चारों ओर तो सादे वेश में पुलिस के आदमी मँडराते रहते थे। ऐसी परिस्थिति में उनकी एक छोटी-सी भतीज...
- पर जो कन्या है, उसका?...? अरे महाराज जी! कन्या को तो पीछे देखा जायेगा। नहीं बेटे, जा पहले कन्या को देख। कन्या को योग्य बना, कन...
- पर जो बात मैं बताना चाहता हूँ वह सिर्फ एक है कि आदमी के जीवन में गायत्री का प्रयोग कैसे किया जाए?...? आदमी के जीवन में गायत्री का समावेश कैसे हो? अध्यात्म थिऑरी में नहीं व्यक्तित्व में होना चाहिए और व्य...
- पर देवता रहते कहाँ हैं?...? देवता कैसे हैं? कुछ मालूम नहीं है। उनका कुछ पता नहीं है। उनका पता नहीं चलता। हिंदुओं के पास तो देवता...
- पर पहले ही महीने ५०) खर्च करके जब उनने ४५०) बचाकर उन्हें शिक्षा प्रसार कार्यों के लिये दे दिया तो एक अँगरेज ने पूछा वेतन आपकी सुख-सुविधा के लिये मिलता है फिर अपने लिये इतना कम खर्च क्यों?...? ईश्वरचंद्र विद्यासागर बोले महाशय! यह सारा समाज ही मेरा घर है। मुझे यार है मैंने कितने कष्ट उठाकर विद...
- पर पास में पैसे दोनों में से किसी के नहीं थे अब क्या हो?...? पति बाजार गया और घड़ी बेचकर हाथी दाँत का कंघा खरीद लिया। मेरी पत्नी गई तो उसने अपने बाल कटवा दिये और ...
- पर पिता का मन सन्देह से भरा हुआ पड़ा है कि हमारे पाँच बच्चे हैं, लेकिन बड़े होने पर न जाने क्या होगा?...? हमारा सामाजिक जीवन, राष्ट्रीय जीवन, हमारा आर्थिक जीवन कितना जटिल और कितना जकड़ा हुआ बनता चला जा रहा ह...
- पर प्रश्न यह है कि उनका प्रदर्शन कौतुक-कौतूहल प्रदर्शित करने के लिए क्यों हो?...? क्यों न उस विशिष्टता के आधार पर लोकमंगल की सामयिक एवं महत्त्वपूर्ण आवश्यकताओं को पूरा किया जाय? पुरा...
- पर फिर सोचा कि अब तो बैठ ही गए हैं, अब क्या करें?...? बैठे रहते हैं। वे दोनों कुछ देर तक आपस में इशारा कर मुस्कुराती रहीं, फिर अचानक भारती अम्मा उठीं और ह...
- पर बड़े प्रयोजनों के लिए इतना ही तो पर्याप्त नहीं?...? समय की बढ़ती माँग को देखते हुये, बड़े कदम भी तो उठाने पड़ेंगे। बच्चे का छोटा-सा पुरुषार्थ भी अभिभा...
- पर बताइये कौन-से कानून से कौन-सा पाप रुक गया?...? भ्रष्टाचार रुक गया? रिश्वतखोरी रुक गयी? मिलावट रुक गया। बताइये एक भी पाप रुक गया हो तो जबकि सारे क...
- पर बताइये कौन-से कानून से कौन-सा पाप रुक गया?...? भ्रष्टाचार रुक गया? रिश्वतखोरी रुक गयी? मिलावट रुक गया। बताइये एक भी पाप रुक गया हो तो जबकि सारे के ...
- पर बने कैसे?...? जबकि सबको अधिक कमाने की, हाथों-हाथ सुविधा समेटने की पड़ी है। प्रतिभाएँ विदेशों को-पूँजीवादी राष्ट्रों...
- पर बीता हुआ समय पुन: लौटता कहाँ है?...? बुद्ध, गाँधी, दयानन्द, विवेकानन्द, बिनोवा जैसों की महान उपलब्धियाँ स्मरण करके हर विचारशील का अन्त:...
- पर भक्तों की इच्छा का मान रखने वाले भक्त वत्सल, वे भला कैसे मना कर सकते थे?...? कार्यक्रम के पश्चात् जैसे ही मैं गुरुदेव से मिलने पहुँची, गुरुदेव हमें देखते ही बोले बेटा! तू क्यों ...
- पर मूल कारण की ओर ध्यान न जाने से अभाव, असन्तोष एवं विग्रह किस प्रकार निरस्त होगा, इसे सोचने की न जाने क्यों किसी को फुरसत नहीं है?...? चोट की मरहम पट्टी की जा सकती है, पर समस्त रक्त में फैले हुए ‘‘रक्त कैंसर’’ को मरहम पट्टी से कैसे ठीक...
- पर मेरे लिये आज भी यह रहस्य और आश्चर्य ही बना है कि माताजी ने हजारों की भीड़ और हजारों आभूषणों में से भी मेरे आभूषण कैसे पहचाने और कहाँ सँभाल कर रखे थे?...? जितने आभूषण दिये थे उतने ही थे, न एक कम न ज़्यादा। सच में हमारे पूज्य गुरुदेव और वन्दनीया माताजी त्रि...
- पर मैं कहता हूँ कि कोई भी नारी किसी भी नर को सूत्र बाँध सकती है, चाहे वह भाई, पिता, पुत्र क्यों न हो?...? रक्षाबन्धन पर नारी की नर से सुरक्षा की अपेक्षा और यजमान की ओर से पुरोहित से सुरक्षा की माँग अथवा पुर...
- पर यदि धर्माचार्य और विचार शील लोग भी पक्षपात करें तब?...? तब मैं अपने विवेक से ही न्याय करूँगा मअद ने उत्तर दिया। राज पुरोहित ने ताजपोशी करते हुए कहा-राजकुमार...
- पर यह परिवर्तन क्या होगा?...? कौन करेगा? कैसे सम्भव होगा? आप कुछ सहयोग करेंगे और हम आपकी सहायता करेंगे। कल हमने कहा था कि आपको अपने...
- पर यह बताता रहता है कि ये पकड़, यह क्या करता है, मालूम है क्या करता है?...? हाथ पकड़ता है-टाँग नहीं पकड़ता है गिराना है तो। पहलवानी करने चला है और टाँग पकड़ना नहीं आता, पहले टाँ...
- पर यह सूझ नहीं पड़ता कि इनका निराकरण कौन करेगा?...? कैसे करेगा? यह तथ्य हजार बार समझा और लाख बार समझाया जाना चाहिए कि मानवी चेतना के विभ्रम और व्यामोह-ग...
- पर यह हो कैसे?...? इसका उत्तर एक ही है कि उच्चस्तरीय निर्धारणों को कार्यान्वित करने के लिए समय सम्पदा का नियोजन किया जा...
- पर यही तो विचार करते हैं] कल हम रहेंगे तो कहाँ रहेंगे?...? बुढ़ापे में जाएँगे तो कहाँ रहेंगे? हमारा कुटुम्ब कहाँ रहेगा? इसीलिए विचार करते हैं। कल की सम्भावनाओं...
- पर वह क्या दे?...? ’’
‘‘वह तो एक नौकरानी है। बहुत कम कमाती है। जो कमाती है वह सब खर्च भी हो जाता है। उसके पास कुछ बचत भ...
- पर विचार करना पड़ेगा कि, आखिर देवता देते क्या चीज हैं?...? देवता वही चीज देते हैं जो उनके पास है। जिसके पास जो चीज होगी, वही तो दे पाएगा। देवता के पास सिर्फ एक...
- पर विचारशील है कहाँ?...? समझदारी है कहाँ? अगर समझदारी बढ़ेगी तो आदमी के अन्दर ईमानदारी बढ़ेगी, ईमानदारी बढ़ेगी तो आदमी में जिम्म...
- पर विवेकानन्द, दयानन्द एवं केशवानन्द कहाँ से आएँ?...? उस दिशा में प्राय: निराश हो चलने पर अब सोचा यह गया है कि सद्गृहस्थों के माध्यम से ही आपत्तिकालीन आवश...
- पर शंकराचार्य फिर क्या हो गये?...? शंकर भगवान का अवतार माने जाते हैं न? अगर शंकर भगवान ने—आदि शंकराचार्य ने अपने दृष्टिकोण में हेर-फेर ...
- पर शायद कोई महिला होगी, वह समझती होगी कि माताजी ने गुरुजी के बगैर कैसे अपना वक्त काटा होगा?...? जबकि हम दोनों एक दूसरे की छाया के तरीके से रहते हैं। हमने इतने दिन कैसे काटे होंगे, किन परिस्थितियों...
- पर समर्थ हाथों से छिन कर सत्ता निर्धनों के, पिछड़ों के हाथों इतनी आसानी से चली जाएगी?...? यह बात मानव गले के नीचे उतरती नहीं। फिर भी वह यदि सम्भव हो जाता है, तो उससे इंकार कैसे किया जा सकता ...
- पर साहब वे तो रीछ थे, इंजीनियर कैसे हो गए होंगे?...? बेटे, मैं ज्यादा बहस तो नहीं करना चाहता, पर पुराने जमाने पर शक हो तो मैं अभी भी सैकड़ों के नाम बता सक...
- पर स्वयं सेवक ने आगे बढ़कर कहा-श्रीमान् मेरे कार्य में यदि स्वागत समिति के सदस्य ही रोड़ा अटकाएँगे तो फिर मैं अपना कर्तव्य कैसे निभा सकूँगा?...? भेदभाव की नीति मुझसे नहीं बरती जायेगी। उस स्वयं सेवक की कर्तव्य निष्ठा, साहस और निर्भीकता से रानाडे ...
- पर हम क्या कर सकते हैं?...? बालक तो बालक हैं और बुजुर्ग- बुजुर्ग हैं। बुजुर्ग के भीतर शालीनता होती है और जिम्मेदारी होती है। ब...
- पर हम क्या कर सकते हैं?...? हमने तो भीषण जगत में पूरा खरच कर दिया, सारा-का-सारा तेल टपक गया। अब दीपक जलता तो है, टिमटिम करता तो ...
- पर हम क्या कर सकते हैं?...? हमारे यहाँ तो ऐसा ही होता रहा है।...
- परन्तु अब हर आदमी यह सोचता है कि इस घर में से कितना चुरा सकता हूँ और अलग से कितना क्या बना सकता हूँ?...? यह दृष्टिकोण आने से क्या होता चला गया? मित्रो! इसके आने से हमारे घरों का सत्यानाश होता चला गया। हमार...
- परन्तु अब हर आदमी यह सोचता है कि इस घर से मैं कितना चुरा सकता हूँ और अलग से कितना-क्या बना सकता हूँ?...? यह दृष्टिकोण आने से क्या होता चला गया? मित्रो! इसके आने से हमारे घरों का सत्यानाश होता चला गया। हमार...
- परन्तु उनका उपयोग करना हमको कहाँ आता है?...? फिर भी उसको हम जोड़ना शुरू कर देते हैं। उसे जोड़ते हुए मुसीबतें हमारे पास आती हैं। बच्चे कहते हैं-मा...
- परन्तु गुरुदेव ने हमारे चारों ओर सुरक्षा चक्र बना दिया था, तो भला मृत्यु कैसे पास फटकती?...?
हम दोनों को अपोलो हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। 28 दिन तक वहाँ भर्ती रहे। पत्नी और मेरे, दोनों के ...
- परन्तु समस्या यह थी कि गुरुजी से कहे कौन?...? वह तो तैयार नहीं होंगे।
योजना बनाई गई कि गुरुजी को बरामदे में ले जाकर बातचीत में व्यस्त कर लेंगे। इ...
- परन्तु हम क्या करते हैं?...? हंगामा शुरू कर देते हैं। दहाड़ें मारते हैं और सारे-के-सारे घरवालों की नाक में दम कर देते हैं। हमें अ...
- परन्तु हमारे हिस्से में कुछ आया क्या?...? आप अंदाज लगा लीजिए। आपको भी मिल सकता है।
हम आपको 'आत्मबल' बाँटने को बुलाते हैं
मित्र...
- परम्परा कायम की?...? गिलहरी की जरा-सी मिट्टी से क्या हो गया? बालू की नहीं, भावना की बात चल रही है। भावना जरा-सी हो, चाहे ...
- परदा प्रथा के नाम पर पचास फीसदी जनता को अपने मानवोचित अधिकारों से किस तरीके से वंचित किया जाता है?...? विवाह- शादियों पर खरच होने वाली धनराशि किस तरीके से हमें गरीब और बेईमान बनाती है? दहेज एवं मृत्युभोज...
- परन्तु कथा किससे सुनी जाय?...? भागवत को लिखने वाले कौन हैं? व्यास जी। उन्हें ही बुला लें। व्यास जी ने भागवत लिखी, इसलिए व्यास जी ...
- परन्तु जहाँ से हमें मिला है वह हमारा सौभाग्य है, जिससे हम कहाँ से कहाँ पहुँच गये?...? यह हमारे गुरु का शक्तिपात है। कुण्डलिनी क्या होती है? जिसे हम करुणा मिश्रित विवेकशीलता कहते हैं। करु...
- परन्तु मैं यह कहता हूँ कि जो चीजें आपके पास हैं, उनका इस्तेमाल करना आपको आता है कि नहीं?...? जिसको आप सबसे कीमती चीज समझते हैं, आज तक वह बनी ही नहीं। संसार में सबसे कीमती चीज है समय, जिसको आप स...
- परन्तु स्वप्न में गायत्री माता के दीखने से तेरा क्या भला हो जाएगा?...? जब तक तू अपने विचारों को नहीं सँभालेगा, तब तक भगवान के भक्त नहीं हो सकते।
गुरुजी जब नहाने के लिए ...
- परन्तु स्वप्न में गायत्री माता के दीखने से तेरा क्या भला हो जाएगा?...? जब तक तू अपने विचारों को नहीं सँभालेगा, तब तक भगवान की भक्ति नहीं हो सकती।
गुरुजी जब नहाने के लि...
- परन्तु हमारा सौभाग्य है कि हमारे गुरु ने हमें कहाँ से कहाँ पहुँचा दिया?...? हम आज महामानव हैं, हम बता नहीं सकते कि हम कौन हैं? परन्तु जहाँ से हमें मिला है वह हमारा सौभाग्य है, ...
- परन्तु हमारे व्यवहार में यह कहाँ आ रहा है?...? आज भी स्त्री तो हमारे गले का पत्थर बनी हुई है, वह भार बनी हुई है। आज वह हमारे लिए सहायक नहीं है। उसक...
- परब्रह्म और भगवान में क्या फर्क है?...? परब्रह्म वह है जो सारे के सारे ब्रह्माण्ड के ऊपर नियंत्रण रखे हुए हैं, काबू रखे हुए हैं, कब्जा रखे ह...
- परब्रह्म की कौन पूजा करेगा?...? परब्रह्म की ओर ध्यान भी नहीं हो सकता। परब्रह्म के तो कायदों का पालन हो सकता है। बस, और क्या हो सकता ...
- परम स्वार्थ क्या हुआ?...? परमार्थ। परमार्थ वह है जो भगवान के लिए किया जाता है। एक अपने लिए करना और दूसरा भगवान के लिए करना। ...
- परमात्मा किसे कहते हैं?...? आत्मा जब परम हो जाती है, शुद्ध हो जाती है, निर्मल हो जाती है, तब उसका नाम परमात्मा हो जाता है। यही...
- परमात्मा क्या है?...? यह आस्था है, सम्वेदना है। हम अपनी चेतना को आस्था एवं सम्वेदना के साथ जोड़ लें, तो हम सारी खुशी प्राप्त ...
- परमात्मा क्या होता है?...? आत्मा वह है, जो सामान्य मनुष्यों के भीतर एक जीवन के रूप में काम करती है और परमात्मा कहते हैं—सुपरसत्...
- परमात्मा समदर्शी और न्यायकारी है , उसे अपने सब पुत्र समान रूप से प्रिय हैं फिर वह किसी का भाग्य अच्छा किसी का बुरा लिखने का अन्याय और पक्षपात क्यों करेगा?...? उसने अपने हर बालक को भले या बुरे कर्म करने की पूर्ण स्वतन्त्रता प्रदान की है पर साथ ही यह भी बता दिय...
- परमात्मा समदर्शी और न्यायकारी है, उसे अपने सब पुत्र समान रूप से प्रिय हैं, फिर वह किसी का भाग्य अच्छा, किसी का बुरा लिखने का अन्याय या पक्षपात क्यों करेगा?...? उसने अपने हर बालक को भले या बुरे कर्म करने की पूर्ण स्वतंत्रता प्रदान की है, पर साथ ही यह भी बता दिय...
- परमात्मा ही जब ऐसी अनीति बरतेगा तो उसकी सृष्टि में न्याय नीति का अस्तित्व किस प्रकार बना रह सकेगा?...? निश्चित ही मनुष्य को जो मिला है, वह उसकी पात्रता देखते हुए किसी विशेष प्रयोजन के लिए धरोहर रूप में द...
- परमार्थ तो मैं क्या कह सकता हूँ?...? परमार्थ तो एक ही है। बादल अगर पानी बरसाना बन्द कर दें, तो जमीन पर तबाही आ जाएगी। बादल अपना घुमक्कड़पन...
- परमार्थियों के दल कहाँ से आएँगे?...? आजकल संसार में है भी नहीं। चलिये, हम आपके साथ चलते हैं। बस, सब लोग आये थे और शंकर जी हनुमान जी के रू...
- परमेश्वर का भक्त कहलाने के कारण हमारे ऊपर कोई यह उँगली न उठाने पाए कि यह कैसा आदमी है?...? हमने उनके वंश को सुरक्षित रखा है। भगवान ने हमको दिया तो है, पर हमने भी कुछ कुछ दिया है। पिता की मृत्...
- परलोक क्या होता है?...? क्या होता है बनाना और क्या होता है बिगाड़ना? तू बिगाड़ रहा है, अपने बच्चों को बिगाड़ रहा है, हम सारे...
- परलोक क्या होता है?...? क्या होता है बनाना और क्या होता है बिगाड़ना? तू बिगाड़ रहा है, अपने बच्चों को बिगाड़ रहा है, हम सारे...
- परशुराम जी को यह पता होता कि हम भी भगवान हैं और रामचन्द्र जी भी भगवान हैं, तो भगवान भगवान से लड़ाई क्यों करते?...? भगवान को भगवान के बारे में जानकारी क्यों नहीं थी कि परशुराम जी भी अवतार लेकर आये हैं और रामचन्द्र ...
- परशुराम जी ने अपने बैरियों को कैसे मारा था?...? परशुराम जी ने शंकर जी से कुल्हाड़ा माँग लिया था। बस उससे उन्होंने क्षत्रियों को और बैरियों को मार डाल...
- परशुरामजी नाराज हुए थे कि हमारे गुरुजी का धनुष किसने तोड़ दिया?...? सीताजी के साथ रामचन्द्रजी का विवाह हुआ। लंका का विनाश करने में, सारी असुरता का निवारण करने में रामचन...
- परसों क्या है?...? उनके बालक का नाटक होने वाला है। गणेश जी का जन्मदिन आने वाला है। जल्दी-जल्दी तैयार हो जाओ, काम बहुत ह...
- परस्पर का विश्वास खो जाने पर आचार-विचार का स्तर कैसे बने?...? जो थोड़ा-बहुत दिखाई देता है, वह अवशेषों का दिखावा भर है।‘‘और परिवार...............इतना कहकर उनके मुख...
- परस्पर विरोधी दिशा में चल रही खींचतान में से कब, किसकी विजय हुई, यह आत्मनिरीक्षण यदि सतर्कतापूर्वक जारी रखा जाए तो स्पष्ट हो जाएगा कि अन्तर्द्वन्द्व के महाभारत में किस पक्ष की सेना हारती और किसकी जीतती है?...? व्यक्तिगत जीवन की विचारणा एवं क्रियाशीलता के क्षेत्र से आगे बढ़कर परिवार, समाज, राष्ट्र, विश्व के व्...
- परहेज न करें और हम दवा खाते रहें तब?...? तव दवा बेकार, दवा में पैसा खराब करना होगा। डॉक्टर, वैद्य, आप और दवाएँ सब बेवकूफ सिद्ध होंगे।...
- परहेज न करें और हम दवा खाते रहें तब?...? तब दवा बेकार, दवा में पैसा खराब करना होगा। डाक्टर, वैद्य, आप और दवाएँ सब बेवकूफ सिद्ध होगे।...
- पराई चीज के लिए रोया जाता है क्या?...? दो महीने पहन लिए, अब जेवर दे दे, ठीक है। खलीफा ने कुल्ला कर लिया। पत्नी ने कमरे का दरवाजा खोला, ...
- पराक्रम अगर आप करेंगे, तो किस तरीके से?...? आगे बढ़ने के लिए दो कदम बढ़ाने पड़ते हैं। एक कदम के बाद दूसरा, दूसरे के बाद पहला। ऐसे ही आपको अपनी कमजो...
- पराक्रम अगर आप करेंगे, तो जिस तरीके से?...? आगे बढ़ने के लिए दो कदम बढ़ाने पड़ते हैं। एक कदम के बाद दूसरा, दूसरे के बाद एक। ऐसे कदम बढ़ा कर के मंजिल...
- पराक्रम किसका है?...? विभूतियाँ किसकी हैं? इन सबका उत्तर देते समय नाम भगवान् का ही लिया जा सकता है, पर भगवान् का निकटतम और...
- पराठा खाऊँ कि न खाऊँ?...? खाना तो सही बेटे, पर क्या करेगा? तेरी इज्जत और तेरा इंटरव्यू उसके ऊपर टिका हुआ है। मैंने तुझे यहाँ...
- पराधीन की स्वेच्छा क्या?...? उसकी अपनी मर्जी कहाँ? बन्दी को मालिकों की मर्जी पर ही चलना पड़ता है। उसे अपने स्वास्थ्य की बात सोचने...
- पराधीन की स्वेच्छा क्या?...? उसकी अपनी मर्जी कहाँ? बन्दी को मालिकों की मर्जी पर ही चलना पड़ता है। उसे अपने स्वास्थ्य की बात सोचने...
- परामर्शों की कीमत (नहीं) नहीं समझते?...? सलाह मशवरे की कीमत नहीं समझते? आप बहुत कुछ दे सकते हैं। आप वही दीजिए यहाँ से जाने के बाद में। यहाँ स...
- परामर्शों की कीमत नहीं समझते?...? सलाह-मशवरे की कीमत नहीं समझते? आप बहुत कुछ दे सकते हैं, वही दीजिये।यहाँ से जाने के बाद में आप अपनी ख...
- परिचय के दौरान पूछा-‘‘दो बेटियाँ हैं?...? ’’ थोड़ी देर चुप रहे फिर कहा, ‘‘अब की बेटा होगा।’’ इसके तीन वर्ष बाद पुत्र हुआ। वह जब छह माह का था तब...
- परिणाम आपने देखा नहीं हैं?...? गायत्री तपोभूमि की जो इमारत खड़ी है, वह दस लाख की है। वहाँ का जो छापाखाना है-वहाँ का जो प्रेस है, व...
- परिणाम क्या होगा?...? आप देख लेना, इसका परिणाम बहुत भयंकर होगा। कलियुग के बारे में पुस्तकों में जो बताया गया है, उसको मै...
- परिणाम क्या हुआ?...? परिणाम यह हुआ कि सारे पाकपरस्तों के अन्दर उन्होंने एक ऐसी बगावत का माद्दा पैदा कर दिया, ऐसी लड़ाई पै...
- परिणाम क्या हुआ?...? केवल ईसाई धर्म को, भगवान ईसा को जन्म लिए सिर्फ उन्नीस सौ सत्तर वर्ष के करीब हुए हैं। तीन सौ वर्ष तक ...
- परिणाम क्या हुआ?...? उसका परिणाम यह हुआ कि हमने दस लाख पन्ने पढ़ लिए, आप कागज पेंसिल लेकर हिसाब लगा लीजिए। हमने उपयोगी वि...
- परिणाम क्या हुआ?...? परिणाम आपने देखा नहीं हैं? गायत्री तपोभूमि की जो इमारत खड़ी है, वह दस लाख की है। वहाँ का जो छापाखान...
- परिणाम क्या हुआ?...? परिणाम यह हुआ कि जिसको हमने दिया, उस गुरु को हम भगवान कहते हैं। हमने हमेशा एक ही विचार किया है क...
- परिणाम क्या हुआ?...? केवल ईसाई धर्म को, भगवान् ईसा को जन्म लिए सिर्फ उन्नीस सौ सत्तर वर्ष के करीब हुए हैं। तीन सौ वर्ष ...
- परिणाम क्या हुआ?...? जो लाभ हम बता चुके हैं, अभी और उसे पूरा करते हैं कैसे? लम्बी जिन्दगी, हमारी कितनी जिन्दगी है, बहुत लम्बी...
- परिणाम क्या हुआ?...? उसका परिणाम यह हुआ कि हमने दस लाख पन्ने पढ़ लिए आप कागज पेन्सिल लेकर हिसाब लगा लीजिए। हमने उपयोगी विष...
- परिणाम क्या हुआ?...? परिणाम यह हुआ कि सारे पाकपरस्तों के अन्दर उन्होंने एक ऐसी बगावत का माद्दा पैदा कर दिया, ऐसी लड़ाई पैदा...
- परिणाम क्या हुआ?...? जो लाभ हम बता चुके हैं, अभी और उसे पूरा करते हैं कैसे? लम्बी जिन्दगी, हमारी कितनी जिन्दगी है, बहुत ल...
- परिणाम क्या होगा?...? आप देख लेना, इसका परिणाम बहुत भयंकर होगा। कलियुग के बारे में पुस्तकों में जो बताया गया है, उसको मैं ...
- परिणाम क्या होता है?...? गुरु जी उसको तो बड़ा नुकसान हो गया। हाँ बेटे! बड़ा नुकसान हो गया, नाला बेचारा मारा गया। बेचारा किसी ...
- परिपूर्ण दिलचस्पी, एकाग्र मनोयोग, समुचित उत्साह और आगे बढ़ने का अदम्य साहस मिलकर ही ऐसी स्थिति विनिर्मित करते हैं, जिसमें बड़े काम सध सकें; भले ही प्रयत्नकर्ता साधारण साधनों, साधारण योग्यताओं वाला ही क्यों न हो?...? ऐसे लोग परिस्थितियों की प्रतिकूलता से भयभीत नहीं होते। उन्हें अनुकूल बनाने में अपनी समग्र क्षमता को ...
- परिवर्तन की इस सन्धिवेला में बिगाड़ क्या होने वाले हैं?...? बिगाड़ वे होने वाले हैं जिनके बारे में बाइबिल में कहा गया है—‘‘सेवन टाइम आयेगा और दुनिया तबाह हो जाएग...
- परिवार एक हँसता हँसाता उद्यान है, उसे भव बन्धन बनाकर क्यों रखा जाय?...? समाज के साथ जुड़कर उदात्त विशालता का अभ्यास किया जाता है। उसमें भेड़ियों जैसा परस्पर फाड़ खाने का प्र...
- परिवार का भावी उत्तराधिकारी टूटकर अलग हो जाए तो पिता के बूढ़ा होने पर उस धुरी को कौन धारण करेगा?...? कौटुम्बिक कार-व्यापार को कौन सँभालेगा? पिता-पुत्र में अन्तर होते ही लोग बीच में आकर स्थान बनाने का प...
- परिवार कैसे बनने चाहिए?...? परिवार ऐसे बनने चाहिए जैसे कि एक महिला ने परिवार की पाठशाला में, प्रयोगशाला में तीन ब्रह्मज्ञानी बना...
- परिवार कैसे होने चाहिए?...? इस संस्था को जीवित रखने के लिए हम नया प्रयोग करते हैं और अपने कुटुम्बियों-कार्यकर्ताओं को बुलाकर कहत...
- परिवार को कौन चला सकता है?...? परिवार को चलाने का स्वामी-अधिकारी एक ही है और उसका नाम है—नारी। नारी के पास वह शक्ति है जो मनुष्य की...
- परिवार को माली के तरीके से रखना चाहिए और शरीर को?...? आत्मा और शरीर दो हिस्सों में बाँट करके अपने कर्तव्यों का निर्धारण करना चाहिए।...
- परिवार में आप तो रहेंगे न, माँ-बाप के साथ तो रहेंगे न?...? बहन-भाइयों के साथ तो रहेंगे न? बोर्डिंग में तो रहेंगे न? समूह में तो रहेंगे न? कहीं भी रहेंगे, अकेले...
- परिवार में घुल-मिलकर कैसे रहना चाहिए?...? यह उन्हें सिखाना चाहिए। आपस में कहा-सुनी हो भी, तो भी बच्चों के सामने वह प्रदर्शन मत करिए। अपने घर क...
- परिवार में जैसा कि मैंने कल कहा था कि परिवार में कौन-कौन होते हैं?...? परिवार में अच्छे लोग भी होते हैं और बुरे भी होते हैं, पर जौहरी जो होता है, वह उसकी चमक देखता है।
...
- परिवार-परिकर के बीच नर और नारी बिना किसी भय व संकोच के जीवन-यापन करते रह सकते हैं, तो फिर बड़े परिवार-समाज में आवश्यक कामों के लिए आने-जाने में किसी संरक्षक को ही साथ लेकर जाना क्यों अनिवार्य होना चाहिए?...? विवाह की बात तय करने में अभिभावकों की मरजी ही क्यों चले? यदि लड़की को भी लड़कों के समान ही सुयोग्य ब...
- परिवारों का निर्माण कैसे करना चाहिए?...? इसके लिए हमने एक प्रयोगशाला बनायी है। एक कॉलोनी बसाई है—नाम है उसका गायत्री नगर।...
- परिव्राजक कौन होते हैं—घुमक्कड़?...? नहीं बेटे! तो लोहे की गाड़ी वाले होते होंगे, जो गाड़ी लिए इस गाँव से उस गाँव घूमते-फिरते हैं? हाँ, य...
- परिश्रम का मतलब ही तो पैसा होता है और पैसा किसे कहते हैं?...? आदमी की शारीरिक और मानसिक मेहनत का नाम पैसा है। बात ठीक है, यहाँ तक अर्थ सिद्धान्त सही है। लेकिन जो ...
- परिश्रम कैसे किया जा सकता है?...? इसके बावत आप जानें। फिर आपका शरीर ठीक हो जायेगा, स्वास्थ्य ठीक हो जायेगा।कोई एक राजा थे। एक बार वे...
- परिश्रमशील नहीं बनायेंगे?...? अगर आप अपने घर गृहस्थी वालों को स्वाबलम्बी नहीं बनाया है तो ये आपका मोह है।...
- परिष्कृत करने की शैली के लिए क्या करना पड़ता था?...? यही तो मैं आपको बता रहा था। देवता के माध्यम से आप यह देखिए कि जीवन को परिष्कृत करने का ढंग क्या है? ...
- परिस्थितियाँ आपके अनुकूल बन जाएँ कोई गारण्टी है?...? फिर, आपकी मनोकामनाएँ पूरी हो जाएँ कोई जरूरी है? मनोकामना पूरी नहीं हो पाती, इसलिए आदमी आमतौर से दुखी...
- परिस्थितियाँ कहाँ बन पाती हैं?...? आदमी की स्थिति के अनुरूप। श्रीकृष्ण भगवान सारे जीवन भर पुरुषार्थ करते रहे, पर परिस्थितियाँ कहाँ बनी ...
- परिस्थितियाँ खराब आयीं तो क्या, अच्छी आयीं तो क्या मुसीबतें आयीं तो भी कभी मैंने यह ख्याल नहीं किया मेरे अनुष्ठान के कारण से ही यह होता है, भगवान् मेरी इतनी भी सहायता नहीं करते, फिर मैं क्यों अनुष्ठान करूँ?...? कभी भी संकट में भी श्रद्धा में कमी नहीं आयी, इस मायने में सफल हो गया। सुख आये, सुविधाएँ आयीं, लेकिन ...
- परिस्थितियाँ जब मजबूर करती हैं तो आदमी नर−पिशाच भी हो सकता है और नरकीटक भी?...? लेकिन वे कम होते हैं। आमतौर से आदमी नरपशु पाये जाते हैं।नरपशु कैसे पाये जाते हैं? पशु और इनसान की मन...
- परिस्थितियाँ माता किस तरह से बना सकती है?...? अगर घर में क्षोभ का वातावरण है तो उसका सुधार करना, उसकी व्यवस्था को बनाना पिता का काम है। अगर गर्भवत...
- परिस्थितियाँ हमारे अनुकूल नहीं रहीं तो हम क्या कर सकते थे?...? कर्तव्य हमने हमारा पूरा किया, बहुत है, हमारे लिये बहुत है; इस दृष्टि से आप जीयेंगे तो आपकी खुशी को क...
- परिस्थितियाँ हमारे अनुकूल नहीं रहीं तो हम क्या कर सकते हैं?...? हमने अपना कर्तव्य पूरा किया, हमारे लिए इतना बहुत है। इस दृष्टि से अगर आप जिएँगे तो आपकी खुशी को कोई ...
- परिस्थितियों का उपयोग किस तरीके से करें?...? अपने पास जो साधन और सामान मिला हुआ है या मिल सकता है, आप उसका ठीक तरीके से इस्तेमाल किस तरीके से कर ...
- परिस्थितियों का उपयोग किस तरीके से करें?...? अपने पास जो सामान और साधन मिला हुआ है या मिल सकता है, आप (इसमें) ठीक तरीके से इस्तेमाल किस तरीके से ...
- परीक्षा का एक प्रश्न-पत्र यह था कि सुनसान का—अकेलेपन का डर लगता है क्या?...? कुछ ही दिनों में दिल मजबूत हो गया और उस क्षेत्र में रहने वाले प्राणी अपने लगने लगे। डर न जाने कहाँ च...
- परीक्षा के दिन घर में मेहमान आ जाने पर?...?
उत्तर- हम उनका खुशी से स्वागत करेंगे। फिर उन्हें बड़ों के भरोसे छोड़ अपनी परीक्षा की तैयारी करेंगे। स...
- परीक्षा भवन में किसी बच्चे को नकल करते देखने पर?...?
उत्तर - उस पर दया आयेगी। भविष्य के लिए हम अपनी पढ़ाई को और भी सुव्यवस्थित एवं नियमित करेंगे ताकि स्व...
- परीक्षा में नंबर कम आने पर?...?
उत्तर- आगे से पूरी मेहनत से पढ़ाई करने का संकल्प लेंगे। किसी अन्य को दोष न देंगे। अपने में रही कमियो...
- परेशान करते हैं हनुमान् को आप?...? ऐसा नहीं हो सकता। मनोकामना के लिये पूजा नहीं, बेटे। अगर मनोकामना के लिये पूजा है तो बन्द कीजिए। मित्...
- परेशान क्यों होते हैं?...? मित्रो! यही हालत आपकी होगी जब आप कमजोर हो जाएँगे, याद रखिए।...
- परोक्ष का प्रत्यक्ष लेखा-जोखा किस प्रकार सम्भव हो?...? [वे लिखते हैं कि विशेष समय में उन्हें विशेष ड्यूटी सौंपी गई है। ड्यूटी सौंपने वाली कौन है? इस सन्दर्भ...
- परोक्ष का प्रत्यक्ष लेखा-जोखा किस प्रकार सम्भव हो?...? युग सन्धि की वेला में अभी पन्द्रह वर्ष और रह जाते है। इस अवधि में गतिचक्र और भी तेजी से भ्रमण करेगा।...
- परोक्ष व्यंग, उपहास अपने साथ जो गहरी अवज्ञा छिपाये रहते हैं?...? उससे लोकसेवक, विदूषक स्तर का बनकर रह जाता है। इस दुर्मति जन्य दुर्गति का यदि पूर्वाभास रहे, तो लोक स...
- परोक्षवाद के ढंग से नहीं, कहानियों के माध्यम से नहीं, वरन् साइन्टिफिक ढंग से- वैज्ञानिक ढंग से, प्रत्यक्षवाद के ढंग से आप इन्हें व्यवहार में किस तरीके से सारी की सारी अपनी पाँचों विभूतियों को कैसे काम में ला सकते हैं और कैसे विकसित कर सकते हैं?...? इससे सामान्य जीवन को असामान्य कैसे बना सकते हैं? मनुष्य में देवत्व की झाँकी कैसे कर सकते हैं? व्...
- परोपकार से और आगे बढ़िये, नकल कीजिए, किसकी?...? जिससे हजारों का भला होता हो, एक आदमी को आप दुख को दूर कर दें वो भी है तो अच्छी बात, खराब बात तो वो भ...
- परोसने वाले ने पूछा-आप क्यों नहीं खाते?...? इस उप उन्होंने उत्तर दिया-मेरा पेट कोई कब्रिस्तान नहीं है। आखिर उन्हें दूध फल और सब्जी दी, तब उन्हों...
- पर्जन्य का मतलब बादल से नहीं है, तो फिर क्या मतलब है?...? पर्जन्य से मतलब है—प्राण। प्राण क्या होता है? प्राण वह तत्त्व है, जो कि पानी के साथ में शामिल होकर ज...
- पर्दे की प्रथा चलाकर हमने क्या पाया?...? केवल इतना भर हुआ कि नवागन्तुक वधुएँ अपनी ससुराल का जो अविच्छिन्न स्नेह पा सकती थी, अनुभवी गुरुजनों क...
- पलकें कैसी हैं?...? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखाई देती हैं, तो फिर भीतर की कैसे द...
- पलकें कैसी हैं?...? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखती, केवल-इधर की चीजें ही दिखाई देती हैं तो फिर भीतर की कैसे दिखेंगी...
- पलकें कैसी हैं?...? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दीखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखाई देती हैं, तो फिर भीतर की कैसे द...
- पशु और इनसान की मनोवृत्तियों में क्या फर्क है?...? शरीरों में तो बहुत फर्क है। शरीर में मूल फर्क ये हैं कि आदमी बोल सकता है, जानवर बोल नहीं सकता। आदमी ...
- पशुओं से लाभ उठाया जाता है, पर उन्हें श्रेय-सम्मान देने की आवश्यकता नहीं समझी जाती, फिर स्त्री के लिए ही किसी प्रकार की कृतज्ञता प्रकट करना अथवा श्रेय-सम्मान देना क्यों आवश्यक समझा जाए?...? नारी का पिछड़ापन दूर करने के लिए उस पर लगे असमानता सूचक प्रतिबन्ध हटाए जाएँ। उसे मानव-जाति का समान घ...
- पशुओं से लाभ उठाया जाता है, पर उन्हें श्रेय-सम्मान देने की आवश्यकता नहीं समझी जाती, फिर स्त्री के लिए ही किसी प्रकार की कृतज्ञता प्रकट करना अथवा श्रेय-सम्मान देना क्यों आवश्यक समझा जाए?...? नारी का पिछड़ापन दूर करने के लिए उस पर लगे असमानता सूचक प्रतिबन्ध हटाए जाएँ। उसे मानव जाति का समान घ...
- पश्चात् उनके जी में एक और विचार आया कि आखिर भगवान शंकर हैं क्या?...? शक्ति कहाँ से आ जाती है? क्यों आ जाती है? उद्धार कैसे हो सकता है? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन ...
- पश्चात् उनके मन में एक और विचार आया कि आखिर भगवान शंकर हैं क्या?...? शक्ति कहाँ से आ जाती है? क्यों आ जाती है? उद्धार कैसे हो सकता है? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन ...
- पश्चिमी देशों में 'मैत्री' शब्द को इन अर्थों में प्रयुक्त किया जाता है कि कौन लड़की कितने बायफ्रेंड रखती है या किस लड़के की कितनी गर्लफ्रेंड हैं?...? माता-पिता का अपनी सन्तानों पर तो कोई ध्यान रहता नहीं और जहाँ ध्यान रखने की बात भी आती है, वहीं लड़के...
- पसीने से क्या मतलब होता है?...? इसका मतलब होता है कि मेहनत कीजिए, समय लगाइए। आप अपना समय और श्रम उन-उन कामों के लिए लगाइए जो कि देवत...
- पहलवान क्या करता है?...? तप करता है। किसान क्या करता है? तप करता है। बेटे ! ये सारे के सारे लोग तप करने वाले हैं। और जीवात्मा...
- पहलवान बनाने के लिए हम क्या करें?...? गुरु जी! आप अखाड़े में जाया कीजिए, कसरत कीजिए और हमको पहलवान बना दीजिए। ठीक है बेटे! हम अखाड़े म...
- पहलवानी की दवा क्या होती है?...? पहलवानी की प्रोटीनॉल, प्रोटिनेक्स, हॉरलिक्स और विटामिन बी कांपलेक्स, विटामिन बी-१२ आदि पच्चीसों दवाइ...
- पहलवानी की दवा क्या होती है?...? पहलवानी की प्रोटीनाल, प्रोटिनेक्स, हारलिक्स और विटामिन बी कांपलैक्स, विटामिन बी १२ आदि पच्चीसों दवाइ...
- पहला इलाज क्या है?...? अपनी जीभ के ऊपर और अपनी इंद्रियों के ऊपर, आदतों के ऊपर कंट्रोल कीजिए। उन्होंने अपनी आदतों पर कंट्रोल...
- पहला इलाज क्या है?...? अपनी जीभ के ऊपर और अपनी इंद्रियों के ऊपर, आदतों के ऊपर कंट्रोल कीजिए। उन्होंने अपनी आदतों पर कंट्रोल...
- पहला काम हमारा यही है कि नालन्दा विश्वविद्यालय, तक्षशिला विश्वविद्यालय के तरीके से एक लाख प्रचारक हम तैयार करें और इन प्रचारकों से हम प्रत्येक गाँव में इस तरह का वातावरण बनाएँ, जिससे हर आदमी को मालूम पड़े कि आज हमारे कर्तव्य क्या हैं?...? आज हमारी जिम्मेदारी क्या है? और आज हमको करना क्या चाहिए? इसके लिए आदमी को उठा करके, झकझोर करके, चैतन...
- पहला तो यह कि हम आपको पहलवान बनाएँगे, कैसा पहलवान?...? बड़ा मोटा-तगड़ा पहलवान कि जिधर आप जाएँ, बस पछाड़ते जाइए, आप कुश्ती में पछाड़ते जाइए। ऐसा पहलवान बनाए...
- पहला बच्चा अभी नहीं तो कब?...? आज नगद कल उधार। अभी नहीं फिर कब? अब? नहीं, अभी नहीं अब दो वर्ष बाद। नहीं, अभी नहीं। तो साहब छह वर्ष ...
- पहला शैतान कौन है?...? वासना। वासना के गर्त में हम घिरे हुए हैं और आपकी कृपा को लेकर उसको भी इसी नरक में डालना चाहते हैं। द...
- पहला—इसके कर्म कैसे हैं?...? सिक्का खरा है या खोटा है, इसके लिए हम सिक्के को अँगूठे से बजाते हैं। उसकी आवाज टनटन है, तो हम रख ल...
- पहली चीज क्या है?...? भगवान का विश्वास, जिसको मैं क्या कहता हूँ? ईश्वर की भक्ति कहता हूँ। ईश्वर की भक्ति के दो रूप हैं। ...
- पहली घटना वह है जब उन्होंने सम्पत्ति इकट्ठी की और कहा कि इसका हिसाब होना चाहिए कि कितना धन किस राज्य में कहाँ-कहाँ स्थापित हो?...? एक बार जब सुदामा जी द्वारिका राज्य में आए और कृष्ण भगवान् को बताया कि सुदामा नगरी का हमारा गुरुकुल...
- पहली हैं—इंदिरा गाँधी और वे चली गयीं तो मोरार जी देसाई हो गए हैं और मुख्यमंत्री कौन-कौन हैं?...? बेटे, मुख्यमंत्रियों के कौन-कौन से नाम बता दूँ तुझे? मुख्यमंत्री तो कई हैं। कौन-कौन से हैं? देख—एक क...
- पहले आदमी सूखी रोटी खाकर के सुख-चैन की साँस लिया करता था और विश्वास दिलाया करता था कि हम सुखी लोगों में से हैं, पर अब हमारा दाम्पत्य जीवन न जाने कैसा है?...? हमारे गार्हस्थ्य जीवन में न जाने कैसी लग गई आग? हमारे बच्चे अभिभावकों के प्रति जैसे निष्ठावान होने च...
- पहले आप पार्टी बताइये, तब बात करेंगे आपसे?...? हम तो साहब गाय-बच्चा वाला पार्टी के हैं। बस, बस हो गया। ये तो हम देख रहे थे कि गौमाता की हम सेवा करत...
- पहले आप बताइये?...? हम तो लाल झण्डे वाले हैं। अह....हा....हा....! लाल झण्डे वही तो है, जो गरीब-अमीर सबको बराबर कर देते ह...
- पहले आप यह बताइए कि आपका वेतन कितना है?...? महाराज जी तीन सौ रुपये। अरे! तीन सौ रुपये तो एक हीरोइन अपने सैंट पर खरच कर देती है। आप इसी बल पर...
- पहले आप यह बताइए कि कम्पनियाँ क्या हैं?...? दिशा क्या है? बेटे, दो दिशाएँ हैं। आप इसमें से जिसको पसन्द करना चाहते हैं, स्वीकार कीजिए। उसके बारे ...
- पहले आप यह बताइए सारी जिन्दगी हो जाती है माला घुमाते-घुमाते लेकिन जैसे थे वैसे ही जैसे-तैसे ही बने रहे, तो उस उपासना से क्या लाभ?...? रावण कैसा बलशाली था? क्या कहने का, चारों वेदों का ज्ञाता तेजस्वी, बलशाली, सारे के सारे गुण थे लेकिन ...
- पहले आप यह बताइए सारी जिन्दगी हो जाती है माला घुमाते-घुमाते; लेकिन जैसे थे, वैसे ही जैसे-के-तैसे ही बने रहे, तो फिर उस उपासना से क्या लाभ?...? तपस्या के दुरुपयोग के परिणाम
रावण कैसा बलशाली था? क्या कहने का, चारों वेदों का ज्ञाता, तेजस्वी, ब...
- पहले आप यहाँ क्यों नहीं आये?...? यह इस बात का सबूत है कि आप जाग्रत आत्मा हैं। आदमी बिना काम के तो पेशाब करने भी नहीं जाता और आप ज...
- पहले इसको गलाएँगे, तपाएँगे?...? जब तक इसे गलाएँगे-तपाएँगे नहीं, तब तक कोई हथियार नहीं बन सकता। सोना हमारे पास है और उससे हमें कई तरी...
- पहले उनकी कैसी जिन्दगी थी?...? पहले वे घटिया वाली खराब जिन्दगी जी रहे थे। आदमी उससे भयभीत रहता था। हर आदमी का उस पर धिक्कार बरसता थ...
- पहले उसके मन ने कहा कि शक्ति ही नहीं है, हमारे अन्दर तो इतना बड़ा काम कैसे कर लेंगे?...? फिर उसकी अन्तरात्मा ने शक्ति को झकझोरा—शक्ति कैसे नहीं है? अभी निकालते हैं और बातों-ही-बातों में वह ...
- पहले कहाँ थे?...? वहाँ बरातें विश्राम करती थीं। जन- समुदाय शान्ति पाता था। लोगों ने वहाँ चारों तरफ वृक्ष भी लगवा दिए। ...
- पहले कहाँ थे?...? वहाँ बारात विश्राम करती थीं। जन समुदाय शान्ति पाता था। चारों तरफ और लोगों ने वहाँ वृक्ष भी लगवा दिए।...
- पहले किताब वाले कहाँ थे?...? कहीं कोई किताबवाला रहा होगा। पहले जमाने में सारे-के-सारे लोग बिना पढ़े थे।
हम मालदार हैं? हाँ बिल्क...
- पहले की अपेक्षा खाने की वस्तुएँ भी ज्यादा हैं, सामान भी ज्यादा है फिर इस तरह की मुसीबत क्यों आती हैं?...? आदमी भटक गया है। जीवनयापन करने की चर्चा के सम्बन्ध में, खान-पान सब अस्त-व्यस्त, सब अस्त-व्यस्त। जिसक...
- पहले कौन सी थी, जिसे उन्होंने फोड़ डाली थीं?...? बेटे, पहले बिल्वमंगल की आँखें थीं, जिसे उन्होंने फोड़ डाली थीं। नहीं साहब! नहीं फोड़ना चाहिए था। बेट...
- पहले जमाना अलग था, उस जमाने में अध्यापक जितना ध्यान पढ़ाई-लिखाई पर देते थे, उससे सौ गुना ध्यान इस पर देते थे कि जो बच्चे हमारे यहाँ पढ़ने के लिए आते हैं, उन पढ़ने वाले बालकों का संस्कार कैसे बने?...? स्वभाव कैसे बने? कर्म कैसे बने? उसके विचार करने का क्रम क्या है? काम करने की शैली क्या है? उसका रहन-...
- पहले जमाने की अपेक्षा अब तो मुझे मालूम नहीं क्या लगता है?...? पहले थर्ड क्लास की तुलना में फर्स्ट क्लास का किराया पौने तीन गुना अधिक लगता था और गाँधी जी के थर्ड क...
- पहले जमाने में जब किसी की मृत्यु हो जाती थी, तो पंचायत बैठती थी तथा यह निर्णय लेती थी कि इनके बच्चों का काम मेहनत करने से, मशक्कत करने से चल सकता है या नहीं?...? अगर ये वयस्क होते थे, हाथ से कमाते थे, तो उनके पिता का सारा पैसा समाज के कल्याण के लिए लगा दिया जाता...
- पहले जाँच-पड़ताल क्यों नहीं हो सकी?...? इसका कारण एक ही था कि इंग्लैण्ड में उस समय ऐसी परीक्षा मशीन जिसे ‘कैट स्कैनिंग’ नाम से जाना जाता है,...
- पहले जिससे लोग नफरत करते थे, उसी को सब प्रणाम करने लगे, मस्तक झुकाने लगे और न जाने क्या-क्या करने लगे?...? बाल्मीकि का नाम आपने सुना है न? पहले उनकी कैसी जिन्दगी थी? पहले वे घटिया वाली खराब जिन्दगी जी रहे थे...
- पहले तो आप अकेले काम चलाते थे?...? अरे भाई! पहले काम थोड़ा था, सो चला लेते थे, कोई हर्ज नहीं था, लेकिन अब तो ज्यादा आदमियों की जरूरत है...
- पहले तो आप यह बताइये कि किसान जो फूल लगाता है, वह उसकी कलम कैसे उगाता है?...? कलम उगाना हम बता सकते हैं, पर इस बारे में आप जल्दबाजी मत कीजिए। नहीं साहब! आप बताइये कि कलमी आम कै...
- पहले तो इतिहासकार बहुत ढूँढ़ रहे थे कि वे कहाँ पैदा हुए?...? कोई कहता कि कपिलवस्तु नेपाल में थी। कोई कहाँ कहता, कोई कहाँ, पता नहीं चल पा रहा था। अब पता चल गया कि...
- पहले थर्ड क्लास की तुलना में फर्स्ट क्लास का किराया पौने तीन गुना अधिक लगता था और गाँधी जी के थर्ड क्लास का किराया 36 गुना देना पड़ता था, तब तो यह बड़ा महँगा पड़ता था?...? हाँ बेटे! बड़ा महँगा पड़ता था? और गाँधी जी तो बड़े गरीब थे, बकरी का दूध पीते थे और बहुत सस्ता खाते थे। ...
- पहले नंबर का क्यों?...? इसलिए कि वह भगवान् का भक्त हो गया। जब वह भगवान् का भक्त हो गया, तो फिर वह ऐसा मजेदार भक्त हुआ कि उ...
- पहले नंबर का क्यों?...? इसलिए कि वह भगवान का भक्त हो गया। तो फिर वह ऐसा मजेदार भक्त हुआ कि उसने वह काम कर दिखाए जिस पर हमको ...
- पहले नहीं आ सकतीं?...? हाँ बेटे, पहले नहीं आ सकतीं। पहले सरस्वती की साधना कीजिए, फिर उसके बाद में गायत्री साधना भी हो सकती ...
- पहले भगवान हमने देखा नहीं था अतः सोचा कैसे करें?...? क्या करें? भगवान को कहाँ से लाये? भगवान् को कहाँ से पायें? इसीलिये, जिसके प्रति, जिसको हम मान लेते ह...
- पहले मैं अपनी खुराक में, रोटी में यह बचाव रखता हूँ कि कहीं वह पाप की कमाई की तो नहीं है?...? हम अभक्ष्य उसे कहते हैं, जो पाप की कमाई से कमाया हुआ है। हराम का कमाया हुआ है। धोखेबाजी से कमाया हुआ...
- पहले यह बताइये?...? अन्न का परिष्कृत रूप है मन। आपका अन्न कैसा है? महाराज जी! अन्न में तो मिर्च भी है, मसाले भी हैं। ह...
- पहले यह कौन थी?...? पहले इनका नाम था वेदमाता। वेदमाता कौन? चारों वेद जिनसे प्रकाशित हुए थे। जिसके व्याख्यान स्वरूप चारों...
- पहले यह जान लीजिए कि अध्यात्म क्या चीज है?...? अध्यात्म के पीछे की बात बाद में जानिए। अध्यात्म है—"साइंस ऑफ सोल?" 'सोल' की साइंस है—अध्यात्म। 'सोल'...
- पहले यह देखा जाना चाहिए कि अध्यात्म के नाम पर जो मान्यताएँ प्रचलित हैं, वे कहाँ तक सत्य और तथ्य पर आधारित हैं?...? आज उस आत्म परिष्कार की पुनीत प्रक्रिया को पदच्युत करके बाजीगरी का, उठाईगीरी का सिद्धान्त मान्यता प्र...
- पहले यह बता कि तू इसे कहाँ खरच करता है और किस काम के लिए माँगता है?...? नहीं साहब! हम चाहे जैसे खरच कर सकते हैं। नहीं बेटे, चाहे जैसे नहीं खरच कर सकते। पैसा पात्रता के हिसा...
- पहले यह बताइये कि आपकी जिन्दगी कैसी है?...? भगवान की भक्ति आपके जीवन में कैसी है? अपनी जिन्दगी में भगवान की भक्ति उतार कर दिखाइये, फिर हम आपके ...
- पहले यह भी सोचा है कि तेरे इस पेट को भरेगा कौन?...? चितेरा ही बनना है, तो पहले अपने इस पेट को भरने का उपाय कर फिर अपनी कलाकारी दिखाना अन्यथा निकल जा इस ...
- पहले लोगों ने उसे पागल कहा, फिर उसका विरोध किया कि पता नहीं कब किसको लेकर के भाग जाये?...? मारकर भगाओ इसे। कई लोगों ने कहा कि यह पागल हो गया है। इसका दिमाग खराब हो गया है। इसके पास बच्चियों क...
- पहले वहाँ अराजक तत्त्व, अवांछनीय तत्त्व कहाँ रहते थे, पर देखिए सारी खुराफातें कहाँ से जन्म ले रही हैं?...? आपको बदलता हुआ जमाना दिखाई नहीं पड़ता, आजकल बहुत हेर-फेर हो रहा है। इस अकल ने दुनिया को हैरान कर दिय...
- पहले वाली गरमी, जो अपने भीतर पैदा करनी चाहिए, वह कैसे पैदा होती है?...? रोकने से पैदा होती है, घिसने से पैदा होती है, रगड़ से पैदा होती है। हम अपनी शक्तियों के बिखराव को यद...
- पहले वृक्ष ने पूछा-अब क्या बात हो गई?...? इस पर दूसरा वृक्ष बोला-फूट पड़ गई देखते नहीं अपने ही शरीर का अंग इन कुल्हाड़ियों का बेंट बन गया। फूट ...
- पहले शिक्षा कहाँ थी?...? किताब वालों से पूछिये, वे बतायेंगे। पहले किताब वाले कहाँ थे? कहीं कोई किताबवाला रहा होगा। पहले जमाने...
- पहले शिविर में आपके कितने आदमी थे?...? दोनों शिविरों को मिलाकर तीन सौ के करीब हो जाते हैं, ये सब के सब तो नहीं जाएँगे, लेकिन आप यकीन रखिए य...
- पहले शिविर में आपके जितने आदमी थे?...? दोनों शिविरों को मिलाकर तीन सौ के करीब हो जाते हैं, ये सब के सब तो नहीं जाएँगे, लेकिन आप यकीन रखिए, ...
- पहले से ही आये दिन डाँट-डपट के अनेक आधार खड़े रहते हैं, फिर एक और नया कारण उसमें क्यों जोड़ा जाय?...? ऐसे-ऐसे अनेक कारण हैं जिनकी वजह से न नारियाँ संगठन के लिए घर पर जा सकती हैं और न जिन घरों में वे जाय...
- पहले हम कहाँ मालदार थे, बताइये जरा?...? पहले के लोगों की अपेक्षा अब हमें सम्पन्न कहा जाता है।
मित्रो! अब हम बहुत सम्पन्न आदमी हैं। अकल की...
- पहले हम दाम कैसे बता सकते हैं?...? पहले कस लें कि यह लोहे का है या पीतल का है। नहीं साहब! आप तो दाम बता दीजिए, जैसा भी, कुछ है। नहीं ब...
- पहाड़ उखाड़ के भी लाते रहे और जप जप आपका सिर्फ जप, जप, जप एक ही बात सीख ली, दूसरी बात ही नहीं सीखी अब कुछ, बस वो सबसे सुगम वाला, बैठे-बैठे लकड़ी हिलाने वाला, सिर हिलाने वाला, जीभ की नोंक हिलाने वाला, आपने इतना सस्ता उपासना समझ लिया, इतनी सस्ती उपासना होती है कहीं, जिसमें त्याग न करना पड़ता हो, कष्ट न उठाना पड़ता हो, पुरुषार्थ न करना पड़ता हो - साधना कहीं ऐसी भी होती है?...? ऐसी भी साधना होती है? इतनी सस्ती होती है? साधना इतनी सस्ती होती है? इतनी कीमती चीजें आप इतने डैम चीप...
- पहाड़ को खोद करके नहर और वह भी एक अकेला गरीब आदमी, कंगाल आदमी?...? नहीं ला सकता।लेकिन एक शक्ति है, जिनका नाम है-विश्वास। आदमी ने अपने विश्वास की शक्ति को कभी पहचाना ...
- पाँच आदमियों के लिए भी बीस लाख कम पड़ते हैं?...? बीस लाख में भी कर्ज हो गया है? हमारी जायदाद की नीलामी होने वाली है। क्यों, क्या बात हो गई? सारा पैसा...
- पाँच आदमी बारात के आ जाएँ; वे हमारे मेहमान की तरह खाना खा जाएँगे तो हमारा क्या बिगड़ जाएगा?...? इसलिए इस तरह के विवाहों का, मेरी समझ से ये ज्यादा है कि इस रिवाज को फैलाने के लिए आप स्थानीय स्तर मे...
- पाँच कर लेगी?...? अच्छा, तो ले कर क ख ग घ ङ—पाँच अक्षर तू लिख ले। सवा रुपया लेकर के अपनी पोटली में बाँधकर करूँगी अब। स...
- पाँच किलो कितने दाम का आएगा?...? इस समय यह ढाई-तीन रुपये किलो है। ५x२.५ = १२.५० रुपये का चावल रोज गणेश जी को खिला। महाराज जी! ऐसा तो ...
- पाँच चीजें क्या हैं?...? वैसे सोलह चीजें भी हैं। जल एक, अक्षत दो, धूप या सुगन्ध तीन, पुष्प चार और मीठा या प्रसाद पाँच। वे क्य...
- पाँच चीजें क्या हैं?...? वैसे सोलह चीजें भी हैं। जल एक, अक्षत दो, धूप या सुगन्ध तीन, पुष्प चार और मीठा प्रसाद पाँच। वे क्यों?...
- पाँच देवता कहाँ रहते हैं?...? बेटे! हमारे भीतर रहते हैं। नहीं साहब! बाहर रहते हैं। आपकी बात भी सही है, लेकिन हमारी बात और ज्या...
- पाँच नाम से पंचायतन हो जाता है; लेकिन आपने उस हर चित्र में हनुमान जी को शामिल देखा होगा?...? छठवें हनुमान जी थे। क्यों? क्या वजह थी? सिर्फ एक ही वजह थी कि ‘राम काज कीने बिना मोहि कहाँ विश्राम’ ...
- पाँच पांडव कौन थे?...? देख, उनमें से एक सूर्य का बेटा था, एक इंद्र का बेटा था, एक पवन का बेटा था, दो अश्विनी कुमार के बेटे ...
- पाँच पाण्डव कौन थे?...? देवता थे। किसे मालूम है? किसी को नहीं मालूम है। साहब! ये पाँच बच्चे कौन हैं? अरे साहब! ये कोई बच्चे ...
- पाँच पाण्डव कौन थे?...? देख, उनमें से एक सूर्य का बेटा था, एक इंद्र का बेटा था, एक पवन का बेटा था, दो अश्विनी कुमार के बेटे ...
- पाँच पाण्डवों द्वारा कौरवों की अक्षौहिणी सेना को निरस्त किया जाना क्या मनुष्य कृत रीति-नीति के आधार पर सम्भव माना जा सकता है?...? वासुदेव का व्यक्तित्व और असाधारण योजना नीति महाभारत जैसी विशाल योजना पूरी करके दिखा दे, इस पर सामान्...
- पाँच भौतिक लाभ हैं?...? क्या-क्या हैं, भौतिक लाभ? भौतिक लाभों में बताया गया है, आयु: आदमी का दीर्घजीवन। आदमी गायत्री उपासना ...
- पाँच भौतिक लाभ हैं?...? क्या-क्या हैं, भौतिक लाभ? भौतिक लाभों में बताया गया है आयुः-आदमी का दीर्घजीवन।...
- पाँच सौ डॉलर?...? अच्छा अभी देता हूँ। उसने चेक बुक निकाली और पचास हजार डॉलर का चेक बनाकर उनके हाथ में दे दिया। एक ने द...
- पाँच सौ से कम आदमी कभी भोजन नहीं करते और कितने खरचे हैं?...? हम कितने खरचे गिनाएँ। आपके पास पैसे हैं? हाँ, हमारे पास पैसा बहुत है। अभी हम शक्तिपीठें बनाने पर आमा...
- पाँचवाँ वर्ग-अनेकों ने अध्यात्म की सजीव प्रतिमा के रूप में हमें समझा है और उस तत्त्वज्ञान को अपनाये जाने का वास्तविक स्वरूप क्या हो सकता है?...? उसे समझने-समझाने के लिए एक जीवन्त उदाहरण सामने पाया है।...
- पाँचवीं रोटी आप कैसे खा सकते हैं?...? कुदरत आपको एक सीमा तक ही खाने देगी। ज्यादा चीजें आपके पास हैं, तो चाहे वह आपको बेटा हो, चाहे आपका ...
- पांडव कौन थे?...? पांडव मनुष्य थे? नहीं, मनुष्य नहीं थे कुंती से पूछो कि कौन थे? भगवान श्रीकृष्ण जब आए थे तो उन्हें दे...
- पांडव मनुष्य थे?...? नहीं, मनुष्य नहीं थे कुंती से पूछो कि कौन थे? भगवान श्रीकृष्ण जब आए थे तो उन्हें देवताओं की सहकारिता...
- पांडवों में क्या था?...? दैवीय सभ्यता थी। पांडव देवताओं से पैदा हुए थे। मैंने सुना है कि कुंती ने देवताओं का जप-पूजन किया था ...
- पांडिचेरी में क्या करने लगे?...? वातावरण को अनुकूल बनाने के लिए उन्होंने तप प्रारम्भ कर दिया। तप करने से क्या हुआ? तप करने से बेटे! उन...
- पाखाना क्या है?...? छह घण्टे पहले का अन्न है। छह घण्टे पहले थाली में जो रखा हुआ था, बड़ा सुन्दर भोजन था, बड़ा अच्छा था, लेकि...
- पागल कहीं का, खाद्य-खाद्य चिल्लाता रहता है कि पानी की बात भी पूछता है?...? हवा की बात भी पूछता है?
मित्रो! हवा कैसी है? शीलन की हवा है, नमी की हवा है और आपको मलेरिया जैसी...
- पागल के लिए हम गाली क्यों दें?...? कोई कुत्ता आपकी टाँग काट खाये, तो क्या आप भी कुत्ते की टाँग काटेंगे कि नहीं काटेंगे? अरे साहब! हम कु...
- पागल हो गया है क्या?...? हमको मंत्र कहाँ आते हैं? तो फिर आपका नाम प्रधानमंत्री क्यों है? बेटे, मंत्र का नाम है-विचार और त...
- पाठ करने वालों के यहाँ इस तरह के फूल की, परिणाम की वर्षा होती है, आप यही समझते थे न?...? देवताओं का यही धंधा है? देवताओं का यही पेशा है कि लोगों के लिए चीजें तलाश करते फिरें।...
- पाण्डव कौन थे?...? पाण्डव मनुष्य थे? नहीं मनुष्य नहीं थे कुंती से पूछो कि कौन थे? भगवान श्रीकृष्ण जब आए थे तो उन्हें दे...
- पाण्डव कौन थे?...? आपको मालूम है? कथा पढ़ी है? नहीं, नहीं पढ़ी शायद। पाण्डव जो थे, पाँच देवताओं के बेटे थे। कर्ण जो था, व...
- पाण्डव मनुष्य थे?...? नहीं मनुष्य नहीं थे कुंती से पूछो कि कौन थे? भगवान श्रीकृष्ण जब आए थे तो उन्हें देवताओं की सहकारिता ...
- पाण्डवों का नाम आपने सुना है न?...? वे पाँच भाई थे। अर्जुन धनुर्धर था, उसके साथ-साथ सभी भाई चलते थे। क्या मजाल कि कहीं कोई अलग हो जाए।...
- पाण्डवों में क्या था?...? दैवीय सभ्यता थी। पाण्डव देवताओं से पैदा हुए थे। मैंने सुना है कि कुंती ने देवताओं का जप-पूजन किया था...
- पाण्डिचेरी में क्या करने लगे?...? वातावरण को अनुकूल बनाने के लिए उन्होंने तप प्रारम्भ कर दिया। तप करने से क्या हुआ? तप करने से बेटे उन्...
- पात्र अगर न होंगे तब?...? पात्र अगर न होंगे तब आपको किस तरीके से होगा। शादी कोई लड़की करना चाहे किसी अच्छे लड़के से और वह बुड्ढी...
- पात्र अगर न होंगे तब?...? शादी कोई लड़की करना चाहे किसी अच्छे लड़के से और वह बुड्ढी हो तब? गूँगी, बहरी, अन्धी हो तब? तो कौन शादी...
- पात्र था आपके पास?...? नहीं साहब! पात्र नहीं था। तब फिर आप किसमें दूध लेंगे। गाय का कसूर है? नहीं, गाय का कसूर नहीं ...
- पात्रता का इससे क्या मतलब है?...? वही मेरा आज बताने का मेरा मन है। पात्रता का अर्थ होता है—जीवन को परिष्कृत करना। जीवन को परिष्कृत करन...
- पात्रता का इससे क्या मतलब है?...? पात्रता का अर्थ होता है—जीवन को परिष्कृत करना। जीवन को परिष्कृत करने के लिए साधना करनी पड़ती है। भगवा...
- पादरी ने आश्चर्य से कहा, भगवान से मिलने का समय हो गया है, आपका भगवान कहाँ है, कहीं दिखाई तो नहीं दे रहा है?...? क्या आपको दिखाई देता हैं? उन्होंने कहा कि तुम अभागे हो और मैं भाग्यशाली हूँ। मुझे भगवान हर समय दिखाई...
- पादरी ने कहा कि कहीं भगवान है क्या, हमको दिखाओगे क्या?...? उन्होंने कहा चलिए, अभी मैं भगवान के समीप ही जा रहा हूँ। मेरा भगवान से मिलने का समय हो गया है। पादरी ...
- पान वाले से पूछा, ‘‘वह लड़का कहाँ गया?...? ’’ वह बोला, ‘‘बाबूजी, मैंने भी नहीं देखा। मैं तो आपके पैर की तरफ देख रहा था।’’ अन्तर्यामी अपना काम कर...
- पानी इनके पास कहाँ?...? बृज की छोकरियों ने एक कटोरी भर छाछ पिलाया और उसको (कृष्ण को) सारे आँगन में नाच नचाकर के दिखाया। मित्...
- पानी कहाँ है?...? है तो सही पानी, पर यही कभी बरफ बन जाता है, कभी पीने लायक पानी बन जाता है तो कभी हवा बनकर गायब हो जात...
- पानी का गिलास छोड़ जाएगी तो कैसे काम चलेगा?...? एक हाथ में किताब लेती है। कौन-सी किताब लेकर चलती है? अखण्ड-ज्योति की किताब लेती है, दूसरी किताब नहीं...
- पानी का हम क्या करेंगे?...? जब लोग नहीं खरीदेंगे, तो हम पानी भरे-भरे आसमान में कहाँ टँगे रहेंगे। हमको देना ही चाहिए।मित्रो! बादल...
- पानी कितना कीमती है?...? पत्थर से ज्यादा कीमती है। पानी से आदमी जिन्दा रहता है, पेड़-पौधे जिन्दा रहते हैं। पानी कितना कीमती है...
- पानी की गंगा निकलती है?...? हाँ बेटे, ज्ञान की गंगा निकलती है? इसी ज्ञान की गंगा को प्रतीक रूप में पानी की गंगा के रूप में बना...
- पानी की जरूरत नहीं है?...? उनकी रखवाली की जरूरत नहीं है? उनकी रखवाली न करेंगे, खाद-पानी नहीं देंगे, तो पेड़ों से और पौधों से क्य...
- पानी की जरूरत है?...? नहीं बेटे! पानी में कोई दम नहीं होता। पैर धोकर पानी पी जाएँ आप। पी आइए। किसका पानी पीना चाहते हैं? ग...
- पानी की व्यवस्था यहाँ कहाँ थी?...? भोजन की व्यवस्था भी हम ढंग से नहीं कर सके, परन्तु एक चीज हमारे पास है और वही हमने आपको देने का प...
- पानी के ऊपर तैरते हुए पत्थर कहीं होते हैं?...? कहीं नहीं होते। पानी में डालते ही पत्थर डूब जाता है। पत्थरों के माध्यम से भगवान ने सहायता की थी। ऐसे...
- पानी के बबूलों के तरीके से हिम्मत कहाँ गायब हो जाती है?...? समझ ही नहीं आता।
सिद्धान्तों की जीत है सच्ची जीत
मित्रो! आप क्या सोचते हैं? क्या करते हैं? ...
- पानी के भीतर आप छाया देखना चाहें, बिन्दु देखना चाहें, तब पानी को साफ होना चाहिए, साफ न बनेगा तो, कैसे बनेगा?...? इसीलिए भगवान के नजदीक जाने के लिए सबसे पहला काम जो करना पड़ता है, वो अपनी सफाई करनी पड़ती है। अपनी सफा...
- पानी छिड़कने से क्या हो जाएगा?...? यह किस काम के लिए छिड़का गया था, यह हमने बताया नहीं था? हाँ, महाराज जी! पर इस पानी से क्या होगा? एक ...
- पानी छिड़कने से क्या हो जाएगा?...? यह किस काम के लिए छिड़का गया था, यह हमने बताया नहीं था? हाँ महाराज जी! पर इस पानी से क्या होगा? एक बा...
- पानी नहीं मिलता, तो फिर हम क्या कर सकते थे?...? जहाँ पानी नहीं मिलता, वहाँ का क्या हाल हो रहा है? रेगिस्तानों में क्या हाल हो रहा है? जैसलमेर में ...
- पानी निकलता है?...? हमें नहीं मालूम निकलता है कि नहीं निकलता और हमसे आप पूछेंगे, तो हम सिवाय चुप होने के कुछ नहीं कहेंगे...
- पानी पिलाएँ नहीं ठंड से उसका बचाव करें नहीं, तो कैसे सम्भव होगा?...? गाय दूध देती है, यह सही है, लेकिन साथ-साथ में यह भी सही है कि इसको परिपुष्ट करने के लिए, दूध पाने के...
- पानी पिलाएँ नहीं ठंड से उसका बचाव करें नहीं, तो कैसे सम्भव होगा?...? गाय दूध देती है, यह सही है, लेकिन साथ-साथ में यह भी सही है कि इसको परिपुष्ट करने के लिए, दूध पाने के...
- पानी बरसता है?...? बिलकुल बरसता है, पर जो मुलायम जमीन है, वह फायदा उठा लेती है। वहाँ घास पैदा हो जाती है, और चीजें पै...
- पानी बरसता है, हर चीज मुलायम हो जाती है और गीली हो जाती है, तो मैं ये पूछता हूँ कि चट्टान गीला होता है कि नहीं होता?...? नहीं साहब, नहीं होता और चट्टान में से पत्ता पैदा होता है? नहीं होता। उनको पानी से फायदा उठाने के लिय...
- पानी में कमाल कहाँ से आ गया?...? कमाल की जरूरत थी। आदमी की श्रद्धा। क्यों साहब! श्रद्धा को अकेला बना दें।...
- पानी में डूब गया तो?...? मेरी टाँग टूट गई तो? जामवंत ने कहा- तुम्हारी टाँग नहीं टूट सकती, क्योंकि अपने लिए नहीं, भगवान के क...
- पानी मेरे सिर में से निकलता है तो नाक में, कान में और मुँह में घुसेगा कि नहीं, फिर मैं मरूँगा कि जिऊँगा?...? शंकर भगवान चौबीस घण्टे बैठे रहते हों, तब तो मैं नहीं कहता, लेकिन उनको कभी भी सोने का मौका मिला होगा त...
- पानी यही होता है न, जो आप लोग पीते हैं; लेकिन उसको आग के ऊपर तपा दें तब?...? बत फिर स्टीम बन जाती है, भाप बन जाती है। भाप से प्रेशर कुकर चल जाते हैं; भाप से रेलगाड़ियाँ चल जाती ह...
- पानी से भरा है?...? हाँ। समुद्र कैसा होता है? गड्ढे जैसा। और समुद्र में पानी कैसे भरा होता है? ऐसे ही। समुद्र में लहर कै...
- पानी ही नहीं है भूमि ही बंजर है, भूमि उसकी उपजाऊ नहीं है, निराई-गुड़ाई उसने की नहीं है, खाद लगाया नहीं है, अरे तो बीज कोई कहाँ तक डालेगा?...? बीज डालेगा भी तो सड़ जाएगा, क्योंकि उनके कुसंस्कार हैं, संस्कार नहीं हैं। संस्कार हैं तो ही वह शक्ति...
- पाने की दृष्टि से आप इस पर ध्यान देना कि भक्ति का स्वरूप आखिर कैसा हो?...? गुरुजी-माताजी मिशन हैं
बेटे! गायत्री माता से माँगेंगे ही या कुछ देंगे भी। देना क्या है? गुरुजी से ...
- पाने की दृष्टि से आप इस पर ध्यान देना कि भक्ति का स्वरूप आखिर कैसा हो?...? गायत्री माता से माँगे ही माँगे या कुछ दें भी। देना क्या है? गुरुजी से माँगें ही माँगे या गुरुजी को क...
- पाप करने वाले हाथ-पाँव जोड़ेंगे, नाक रगड़ेंगे, पूजा करेंगे, पंचामृत पीयेंगे, तो पाप-मुक्त हो जाएँगे, फिर भगवान की दुनिया में नियम कहाँ रहा, व्यवस्था कहाँ रही?...? फिर तो ऐसे ही लोग कर लिया करेंगे। पाप कर लिया करेंगे और बस, प्रार्थना कर लिया करेंगे, पंचकर्म कर लिय...
- पाप का निराकरण क्या है?...? पाप के निराकरण के लिए बेटे, दुनिया में एक ही काम है—प्रायश्चित। आपने समाज को जो नुकसान पहुँचाया है, ...
- पाप-पुण्य पदार्थ तो कैसे करेंगे?...? उनका सदुपयोग, दुरुपयोग की पाप-पुण्य की अनुभूति गढ़ते हैं। इंजन कितना ही समर्थ या कीमती क्यों न हो? उ...
- पापा किसे कहते हैं?...? मनहूस को। पापा जब घर में घुसेगा तो सब पर हावी होता चला जाएगा। बीबी पर हावी, बच्चों पर हावी, साइकिल प...
- पापा किसे कहते हैं?...? मनहूस को। पापा जब घर में घुसेगा तो सब पर हावी होता चला जाएगा। बीबी पर हावी, बच्चों पर हावी, साइकिल प...
- पापियों का उद्धार कर देते हैं?...? हाँ, सैकड़ों आदमी थे पापी, उन्होंने राम-नाम लिया और स्वर्ग मिल गया था। पापियों का उद्धार हो गया था। अ...
- पापड़ तो नहीं चाहिए?...? इस तरह बहुत तबियत के साथ पूछते रहते हैं और नौकर से कहते हैं कि जो चाहिए सो माँग लेना, तेरा घ...
- पारद को फूँककर मैं अलौकिक औषधियाँ बना सकता हूँ और तुम सबकी विद्या खरीद लेने जितना अर्थ उपार्जन कर सकता हूँ, तब फिर बोलो, मेरी विद्या श्रेष्ठ हुई या नहीं?...?
श्रेष्ठता सिद्धि के अखाड़े के चारों, प्रतिद्वन्द्वियों में से किसी को भी हार न मानते देख सम्राट ब्रह...
- पारस आपके पास न हो तब?...? पारस नहीं है तब बेटे मैं नहीं जानता। लेकिन अध्यात्म के बारे में मेरा विश्वास है कि असली अध्यात्म का ...
- पारस किसे कहते हैं?...? पारस किसे कहते हैं जिसे छूकर के आदमी का कुछ से कुछ रूपान्तरण हो जाए। पारस के स्पर्श मात्र से व्यक्ति...
- पारस के छुए बिना लोहा सोना कैसे बनेगा?...? उसी प्रकार ईश्वर के समीप गये बिना आत्मा की भूख कैसे मिटेगी? यह उपासना की पद्धति है जो मनुष्य को तृप्...
- पारस क्या हो सकता है?...? यह मैं थोड़ी देर में बताऊँगा। कि पारस क्या हो सकता है? पारस छूना स्वीकार करा लिया समर्थ गुरु रामदास न...
- पारिवारिक जिम्मेदारियाँ जितनी हमारे ऊपर हैं, उसके लिए तो बड़े खुशी से और मनोबल से हम सारा दिन उस चक्की में पिसते रहते हैं, लेकिन हम समाज के लिए दो-चार घण्टे भी बचा पाते हैं क्या?...? नहीं, हम नहीं बचा पाते। तो यह जिम्मेदारी कहाँ है? आप जिम्मेदारी निभाइए और समझदारी की सूझ-बूझ दीजिए।
...
- पार्टनर होने के बाद में क्या हआ?...? दुकान में ज्यादा मुनाफा होने लगा। इसे भी छह सौ रुपये महीने की आमदनी होने लगी। दाढ़ी रखाकर वह भी खा-प...
- पार्टियों की फजीहत देखी है कि किस तरीके से फूट डाली जाती है और कैसे अलग किया जाता है?...? आपने तो यही किस्से देखे हैं, वे किस्से नहीं देखे हैं कि मिल-जुलकर कैसे रहते हैं? एक होकर कैसे रहते ह...
- पार्वती का किस्सा मालूम है न?...? उन्होंने भगवान की नाक में दम कर दिया था। शंकर भगवान कहते थे कि और सब तो ठीक है, पर ब्याह-शादी नहीं क...
- पार्वती जी को आप जानते हैं?...? पार्वती जी एक साधारण-से राजा की बेटी थीं, हिमाचल राजा की; लेकिन जब उनको तीनों लोकों के स्वामी भगवान ...
- पार्वती जी ने क्या किया था?...? उन्होंने ‘‘नमः शिवाय’’ के साथ-साथ में तप किया था। तप की बारूद लेकर के ‘‘नमः शिवाय’’ की आग मिला दी जा...
- पार्वती बोली ऐसा करिए इतने बैठे हैं भक्त लोग और तपस्या कर रहे हैं, आप इनको वरदान क्यों नहीं देते?...? तो उनने कहा कि पार्वती ऐसे जंजाल में मत पड़ो, बिल्कुल भक्ति नहीं है इनके अन्दर। ये सब क्या कर रहे है...
- पार्वती बोलीं—ऐसा करिए इतने बैठे हैं भक्त लोग और तपस्या कर रहे हैं, आप इनको वरदान क्यों नहीं देते?...? तो उनने कहा कि पार्वती ऐसे जंजाल में मत पड़ो; इनके अन्दर भक्ति नहीं है, ये सब क्या कर रहे हैं? खा-पी...
- पार्वती से क्या मतलब है?...? बेटे, पार्वती ने तप किया था और आपको न मालूम हो और आपको हरिद्वार जाना हो, तो वहाँ एक महादेव हैं—विल्व...
- पार्षद कौन है?...? नए युग का निर्माण करने के लिए जो पुकार हुई है, समय को पुकार हुई है, उसको बने वाली, उसमें शरीक होने व...
- पार्षद कौन हैं?...? नए युग का निर्माण करने के लिए जो पुकार हुई है, समय की पुकार हुई है, उसको सुनने वाली, उसमें शरीक होने...
- पास कर सकते हैं?...? क्या आपका यह ख्याल है कि आप बी.ए. फर्स्ट डिवीजन ले आएँगे? अगर आपका यह ख्याल है, तो गलत है। अगर आप फा...
- पास न किया हो, लेकिन हमने एक-दूसरे के प्रति प्रेम, निष्ठा और वफादारी की शिक्षा दे दी, तो फिर जंगली हों तो क्या, गँवार हों तो क्या, आदिवासी हों तो क्या, भील हों तो क्या, कमजोर हों तो क्या, गरीब हों तो क्या?...? उनके झोपड़ों में स्वर्ग स्थापित हो जाएगा। उनके बीच में मोहब्बत और प्रेम, निष्ठा और सदाचार हमने पैदा...
- पास न किया हो, लेकिन हमने एक-दूसरे के प्रति प्रेम, निष्ठा और वफादारी की शिक्षा दे दी, तो फिर जंगली हों तो क्या, गँवार हों तो क्या, आदिवासी हों तो क्या, भील हों तो क्या, कमजोर हों तो क्या, गरीब हों तो क्या?...? उनके झोपड़ों में स्वर्ग स्थापित हो जाएगा। उनके बीच में मोहब्बत और प्रेम, निष्ठा और सदाचार हमने पैदा क...
- पास बैठने वाले अगर हमारी भावनाओं के नजदीक नहीं हैं, हमारे विचारों के सम्पर्क में नहीं हैं तो उनसे क्या सहानुभूति हो सकती है?...? अरे, नहीं साहब पास रहने का बहुत फायदा होता है। बेटे, पास रहने का मतलब-भावनाओं के पास रहना होता है। ह...
- पास ही खड़े एक विश्वास पात्र ने पूछा-सेठ जी अपने जीवन भर धर्म किया हजारों मन्दिर बनवाये आपको तो प्रसन्न होना चाहिए दुःख क्यों कर रहे हो?...? बिरला जी आँसुओं के बीच बोले-मैंने मन्दिर बनवाये पर उनमें जन-जागरण की प्रवृत्तियाँ न चल सकीं मुझे इसी ...
- पास ही बैठकर सोचने लगा कि अचानक ये क्या हो गया?...? अब मैं क्या करूँ? मैं गायत्री मंत्र जपने लगा और गुरुजी को याद करने लगा। तभी मन में प्रेरणा हुई कि पी...
- पास है तो आपने उसे कितने मूल्य में खरीदा है?...? आप बकरी, गाय खरीदते हैं, तो उसका मोल-भाव होता है। आपने बीबी को कितने में मोल लिया है? नहीं साहब, हमन...
- पिंजड़े की कैद में अनुभव बढ़ाने के अवसर ही कहाँ हैं?...? काम का दबाव ही अहर्निश छाया रहता है, फिर मनोरंजन की इच्छा उठे तो उसका क्या महत्त्व? अवसर न मिलने से ...
- पिंजड़े में पलने वाले और उन्मुक्त आकाश में उड़ने वाले समान आयु और स्वास्थ्य के तोतों को किन्हीं पक्षी विशेषज्ञों के सुपुर्द करके पूछा जाए कि इनकी शारीरिक, मानसिक स्थिति में क्या कुछ अन्तर है?...? वे बतायेंगें कि पालतू पशु का शरीर जीर्ण हो गया और मन टूट गया है। यह हारा, थका और निराश दिखाई पड़ता ह...
- पिंजड़े में पलने वाले और उन्मुक्त आकाश में उड़ने वाले समान आयु और स्वास्थ्य के तोतों को, किन्हीं पक्षी विशेषज्ञों के सुपुर्द करके पूछा जाय कि इनके शारीरिक, मानसिक स्थिति में क्या कुछ अन्तर है?...? वे बतायेंगे कि पालतू का शरीर जीर्ण हो गया और मन टूट गया है। वह हारा थका और निराश दिखाई पड़ता है। व्य...
- पिंजड़े की कैद में अनुभव बढ़ाने के अवसर ही कहाँ है?...? काम का दबाव ही अहर्निश छाया रहता है, फिर मनोरंजन की इच्छा उठे भी तो उसका क्या महत्त्व? अवसर न मिलने ...
- पिचहत्तर साल की उम्र के बाद में आदमी कहाँ तक जिएगा?...? अधिक-से-अधिक पाँच वर्ष और चुस्ती व फुर्ती के साथ। उसके बाद कोई जिएगा, तो बुड्ढा हो जाता है, कमजोर ...
- पिछड़ापन किसी को भी कुछ करने नहीं देता फिर भारतीय नारी भी यदि अपने थोड़े से उत्तरदायित्वों को भी ठीक तरह न निभा सके तो इसमें आश्चर्य की बात ही क्या है?...? मनुष्य द्वारा मनुष्य की प्रताड़ना नितान्त पाशविक है। सभ्य देशों की अदालतों से कोड़े मारने का दण्ड उठ...
- पिछला सतयुग यदि आलसी निद्रा से विरत होकर फिर अपना कारोबार सँभाल ले, तो उसमें असम्भव-सम्भव जैसी निरर्थक ऊहापोह क्यों करनी चाहिए?...? मनुष्य के लिए तो एक चींटी उत्पन्न करना तक असम्भव है, पर भगवान् इसी अपने धरातल पर क्षण-क्षण में कोटि-...
- पिछली जो घटनाएँ हो गईं, तो ठीक है, आपने कुछ अच्छे काम कर लिए पर बार बार उनकी प्रशंसा करने की जरूरत क्या है?...? अगर किसी ने आपके साथ कोई बुराई कर ली या किसी ने दु:ख भुगत लिए तो बार-बार कहने की जरूरत क्या है? भूत ...
- पिछली जो घटनाएँ हो गईं, तो ठीक है, आपने कुछ अच्छे काम कर लिए, पर बार-बार उनकी प्रशंसा करने की जरूरत क्या है?...? अगर किसी ने आपके साथ कोई बुराई कर ली या किसी ने दुःख भुगत लिए तो बार-बार कहने की जरूरत क्या है? भूत ...
- पिछले अनुष्ठानों में हम लोगों से मिलते भी रहे हैं और काम भी करते रहे हैं, पर आगे अब क्या करना है?...? आगे हम अकेले पड़ जायेंगे। अकेले से काम नहीं चलेगा। रामचन्द्र जी से अकेले से काम नहीं चला था। इसलिए व...
- पिछले जन्म में?...? नहीं बेटे! मेरा सम्पर्क नहीं है। मैं तो इस जीवन की बात कहता हूँ। मैं तो सामाजिक जीवन की बात कहता हूँ।...
- पिछले दिनों आपने क्या किया?...? बताइए? एक तो आपने पेट भरा और दूसरे औलाद पैदा की है। औलाद की जिम्मेदारियाँ सिर पर आएँगी ही और आपको वह...
- पिछले दिनों हमारे यहाँ क्या हुआ?...? मथुरा में एक वकील थे उन्होंने अपनी लड़की, जो एम ० ए० पास थी, का एक लड़के से ब्याह किया, जो विलायत पास...
- पिछले दिनों हमारे यहाँ क्या हुआ?...? मथुरा में एक वकील थे उन्होंने अपनी लड़की जो एम. ए. पास थी, का एक लड़के ये ब्याह किया जो विलायत पास होक...
- पिछले परिवर्तनों में कितना समय लगता रहा है?...? इसके सम्बन्ध में सही विवरण तो उपलब्ध नहीं, पर वर्तमान महाक्रान्ति का स्वरूप समग्र रूप से परिलक्षित ह...
- पिछले सप्ताह में किसने क्या किया और अगले सप्ताह किसकी क्या करने की योजना है?...? इस प्रकार की जानकारियों का आदान-प्रदान चल पड़ने पर एक दूसरे को प्रोत्साहन भी मिलेगा। कठिनाइयों क...
- पिछड़ी मनोभूमि और हेय स्वभाव अभ्यास वाले लोग जब गम्भीरतापूर्वक इस समाधान के लिए कारगर उपाय नहीं सोचेंगे तो उनके छप्पर पर सोने की वर्षा कहाँ आती है?...? धन-दौलत के खजाने किसके खेत-आँगन में गढ़े हुए हैं, जिन्हें उखाड़कर मौज मजे के दिन गुजारे जायें और गुलछर...
- पिण्ड के भीतर क्या-क्या भरा पड़ा है?...? पंचतत्व भरे पड़े हैं; पाँच प्राण भरे पड़े हैं। ये ही पाँच देवता है। मनुष्य अगर भीतर के देवता को जगा ले...
- पिण्डदान नहीं मिलेगा, तो क्या हो जायेगा?...? नहीं साहब! हम तो बच्चा पैदा करेंगे। मित्रो! क्या करना चाहिए? अगर आपने नहीं किया है तो बन्द कर दीजिए...
- पिता को ही यह ध्यान रखना पड़ता है कि अगर हम नहीं रहे या आगे चलकर बच्चे बड़े होंगे तो उनको खिलाने-पिलाने का क्या इन्तजाम करना पड़ेगा?...? इनके रहने के लिए मकान का, इनके ब्याह-शादी का क्या इन्तजाम करना पड़ेगा? इनके काम-धन्धे का क्या इन्तजाम...
- पिता क्या देता है?...? पिता बेटे की पढ़ाई के लिए फीस देता है, अपनी कमाई का मकान देता है और तेरी औरत को जेवर बनाकर देता है। ...
- पिता क्या देता है?...? पिता बेटे की पढ़ाई के लिए फीस देता है, अपनी कमाई का मकान देता है और तेरी औरत को जेवर बनाकर देता है। क...
- पिता जी का?...? पिता जी का भी नहीं मिलता। किसी का मिला सहयोग? नहीं साहब, सब बड़े चालाक हैं और सब दुनिया बेईमान है। ह...
- पिता जी का?...? पिता जी का भी नहीं मिलता। किसी का मिला सहयोग? नहीं साहब, सब बड़े चालाक हैं और सब दुनिया बेईमान है। ह...
- पिता ने पूछा-फल कहाँ है?...? लड़के ने सारी बात सच-सच बता दी। पिता बोला-बेटा तूने तो अमरफल ला दिया। यही लड़का सन्त रंगदास के नाम से प...
- पिता मरने लगा तो उसे एक ही चिन्ता थी कि इन आलसी बेटों का पालन कौन करेगा?...? आखिर उसे एक उपाय सूझा। उसने चारों लड़कों को बुला कर कहा-उस खेत में मैंने धन गाड़ रखा है। खोदकर निकाल ल...
- पिताजी आपके मर गए?...? नहीं साहब! पिताजी तो मर रहे हैं, हकीम को बुलाकर ला रहे हैं। पण्डित जी आप महामृत्युञ्जय मंत्र का जप कर...
- पिताजी आपको क्या चाहिए?...? देवी जी आपको क्या चाहिए? धर्मपत्नी से पूछता है कि क्या चाहिए आपको? पड़ोसी से पूछता है कि क्या चाहिए ...
- पिताजी उसे स्वीकार नहीं कर रहे हैं, क्या करूँ?...? ’’ गुरुजी बोले, ‘‘तेरे पिताजी क्यों स्वीकार नहीं करते? तू जाकर बोल कि यदि तुम दक्षिण भारत की लड़की स्...
- पिताजी का कर्ज कैसे चुकेगा?...? बच्चों को क्या पता? पिता को ही यह ध्यान रखना पड़ता है कि अगर हम नहीं रहे या आगे चलकर बच्चे बड़े होंगे ...
- पिताजी कोमा में हैं?...? ’’ कुछ रुके, फिर बोले-‘‘क्या नाम है?’’ देवरजी ने बताया, ‘‘श्री सीताराम शर्मा।’’ ‘‘क्या उमर है?’’ 80 ...
- पिताजी ने तो नहीं बनाई, किसने बनाई?...? यह तो ब्रह्मा जी ने बनाई थी। जब समुद्र में काई फैली हुई थी और काई को समेट-समेट करके उन्होंने यह जमीन...
- पिताजी बूढ़े हो गए हैं, अब क्या कमाने लगे?...? तो आप उनकी सहायता कीजिए। और आपकी माताजी? नहीं साहब! वह क्या कमाएँगी, बूढ़ी हो गई हैं। बूढ़ी हो गई है...
- पिप्पलाद ऋषि खाना नहीं बना सकते थे क्या?...? उन्होंने कहा—बना सकते थे।
उस पागल सन्त ने नारद जी से कहा—तो क्यों नहीं बनाए? इसलिए नहीं बनाए क्यो...
- पिप्पलादि ऋषि को मिठाइयाँ नहीं मिल सकती थीं क्या?...? उन्होंने कहा—मिल सकती थीं। पिप्पलाद ऋषि खाना नहीं बना सकते थे क्या? उन्होंने कहा—बना सकते थे।...
- पिसनहारी का कहीं फोटो है?...? नहीं। पिसनहारी का जुलूस, किताबें? नहीं। पिसनहारी की कोई किताबें नहीं हैं, चंगेज खाँ की हैं, नादिरशाह...
- पिसनहारी का कुँआ इतनी बड़ी धर्मशाला है, इतनी बड़ी चीज है कि मैं क्या कहा सकता हूँ?...? श्रम से भी—आप चाहें तो लोकमंगल का बहुत बड़ा काम कर सकते हैं। पैसा आपके पास न हो, तो कोई बात नहीं।&nbs...
- पिसनहारी का जुलूस, किताबें?...? नहीं। पिसनहारी की कोई किताबें नहीं हैं, चंगेज खाँ की हैं, नादिरशाह के किस्से हैं, चीन की दीवार के है...
- पिस्सुओं को आप जानते हैं न?...? दीमक आप जानते हैं, घर में कितना नुकसान करती हैं? अनाज को खाने वाले घुन, शरीर को खाने वाले विषाणु, फस...
- पीछे देगा कौन?...? फिर माँगने वाले तो अभी हैं, फिर धर्म को देगा कौन? भगवान देंगे। नहीं, भगवान एक नियम हैं, भगवान एक काय...
- पीछे भगवान फिरता है, किनके?...? भक्तों के पीछे पड़ा है, कब? जब उसने गंगाजल जैसा पवित्र और निर्मल अपने को बना लिया है, फिर तो भगवान क...
- पीछे मैंने समझा कि फूल बरसाने से क्या मतलब है?...? फूल बरसाने से मतलब होता है—दैवी-शक्तियाँ, श्रेष्ठ मनुष्य और आदर्श मनुष्य उनकी सहायता करते हैं। उन व्...
- पीठ पर सवार होने का क्या परिणाम होगा?...? उसका परिणाम यह होगा कि वह खुद तो डूबेगा ही, बचाने वाले को और डुबो देगा। इसीलिए तैरने वाला ध्यान रखता...
- पीड़ा-पतन में जो कराह रहा है और अन्धी आँखें पुकार रही हैं, जो चीत्कार हो रहा है, उसको आप नहीं सुन रहे क्या?...? उसको यदि आप नहीं सुन रहे हैं, तो फिर गुरुजी के प्रति आपका क्या समर्पण है? उनका समर्पण है, जो दिन-रात...
- पीड़ायें किस बात की?...? कष्ट किस बात का? किसी बात का कष्ट नहीं है। संख्या नहीं गुणवत्ता हो अपना मानक मित्रो! कष्ट बस एक ही...
- पीड़ितों की और पतितों की आप सहायता न करें तब?...? तब बेटे! मुश्किल है। तब आपको भगवान मिल पाएगा? भगवान का अनुग्रह आपको मिल जाएगा? मैं सोचता हूँ कि तब भ...
- पीड़ितों की और पतितों की आप सहायता न की तब?...? तब बेटे ! मुश्किल है। तब आपको भगवान मिल पाएगा? भगवान का अनुग्रह आपको मिल जाएगा? मैं सोचता हूँ कि तब ...
- पीतल की है?...? हाँ महाराज जी! पीतल की है। इसमें क्या रखा है? इसमें रखा है घी और कपूर। इसको काहे से जलाते हैं—दियासल...
- पीला कपड़ा क्यों पहनाया?...? क्यों महाराज जी! अगर हम पीला कपड़ा पहन लें तो क्या वैकुण्ठ को चले जाएँगे? नहीं बेटे! कहीं नहीं जाएगा...
- पीला कपड़ा क्यों पहनाया?...? क्यों महाराज जी! अगर हम पीला कपड़ा पहन लें तो क्या बैकुंठ को चले जाएँगे? नहीं बेटे! कहीं नहीं जमता, च...
- पीले रंग में आपको शरम लगेगी?...? नहीं साहब! हमको कोई शरम नहीं लगेगी। देखो- यह आया पीले कपड़े वाला, यह आया बाबाजी, यह आया भिखारी। देख...
- पीले कपड़े पहन करके जहाँ कहीं भी जाएँगे लोगों को मालूम पड़ेगा कि ये कौन हैं?...? ये उस मिशन के आदमी हैं, युग निर्माण योजना के आदमी हैं, गायत्री परिवार के आदमी हैं। युग निर्माण के ...
- पीले कपड़े पहनने से आपने हिम्मत तो नहीं हारी?...? लोग यह कहते हैं। लोगों को कहने दीजिए, उनकी जबान है, वो भी चाहें कह सकते हैं। लेकिन गुरु जी ने हमको...
- पीले कपड़े से क्या मतलब है?...? पीले कपड़े से मतलब है त्यागी का होना। सन्त का होना। महात्मा का होना। ज्ञानी का होना। तो आपने पीले कपड़...
- पीले से क्या मतलब है?...? पीले से तो दूसरे रंग और भी अच्छे होते हैं। काली पैंट और हरे टैरीलीन का सूट आपके लिए बनवा दें, तो प...
- पुजारी किसे कहते हैं?...? पुजारी उसे कहते हैं, जो स्नान करता है, तिलक लगाता है, माला घुमाता है, चन्दन चढ़ाता है। यह पुजारी है।...
- पुण्य किसे कहते हैं?...? पुण्य उसे कहते हैं, जिसमें शुभ कर्मों के लिए, सत्प्रवृत्तियों के लिए जो मदद करने के लिए सहायता मिलती...
- पुण्य कैसे हो सकता है?...? दृष्टि से हो सकता है। दृष्टि अगर हमारे पास हो, चिन्तन हमारे पास हो, आस्थाएँ हमारे पास हों, हमारे जप म...
- पुत्र और पुत्री में क्या भेद?...? भाई कर सकता है, तो बहन क्यों नहीं?भाई और बहन दोनों तैयार हुए। उन्हें समाज-देवता की अर्चना हेतु समर्प...
- पुत्री और पुत्र के बीच कितना भेदभाव चलता है, इससे कौन परिचित नहीं है?...? अब तक यह कहा जाता रहा है कि स्त्रियों को गायत्री जपने, हवन करने, यज्ञोपवीत पहनने जैसे शुभ कर्म करने ...
- पुत्रेष्टि यज्ञ कौन सफल करे?...?
मित्रो ! गुरु वसिष्ठ ने कहा—राजन्! हमने बच्चे पैदा कर लिए, इसलिए हमारा ओजस और व वर्चस जो कि म...
- पुनः गुरुदेव ने पूछा, ‘‘देखो भई, ये बताओ कितनों को घर से परमीशन लेनी पड़ेगी?...? अभी यहीं से जाने के लिये कौन-कौन तैयार है?’’
कहाँ जाना है? क्या करना है? अभी यह बात स्पष्ट नहीं थी...
- पुनः मैं तुम्हारे लिए केले लाया था खा लिये या नहीं?...? और जाओ, माँ से अपनी मिठाई का हिस्सा तो ले लो जाकर, यानि उनका वे खाने पीने का कुछ ऐसा क्रम लगा देते ह...
- पुराणों को मैंने सिर्फ इसलिये पढ़ा जिससे पता चले कि गायत्री मंत्र के बारे में क्या लिखा है?...? उद्देश्य यही रहा कि गायत्री मंत्र के बारे में जो लिखा है उसका मैं पता लगाऊँ। पता लगाते-लगाते मैं अनु...
- पुराणों पर तेरा विश्वास है?...? हाँ महाराज जी! थोड़ा-थोड़ा तो है। तो चल मैं थोड़ा-सा इतिहास बताता हूँ।
सन्त एकनाथ की करुणा
...
- पुराणों में कथाएँ तो हैं, पर मालूम नहीं वे कहाँ तक ठीक हैं?...? आपने च्यवन ऋषि की बात सुनी होगी जो बूढ़े थे और जवान हो गए थे। आपने राजा ययाति की कहानी भी सुनी होगी क...
- पुराणों में कोई क्या समझे?...? पुराणों में विचित्र कहानियाँ हैं। कहानियों के माध्यम से लोगों को शिक्षण देने की कोशिश की है। बताने क...
- पुरातत्त्ववेत्ता, जो खंडहरों का इतिहास जानते हैं वे भी मानते हैं कि दुनिया का सबसे बड़ा खंडहर कौन सा हो सकता है?...? दुनिया पैसे पर जाती है फिर भी लोग इस सबसे प्राचीन और सबसे बड़े खंडहर और इमारत को देखकर आते है। कम्बो...
- पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या?...? वही लोग हैं। वही सब छाये हुए हैं। फिर वही सब लोग ठंडे हो गए। यह क्या हो गया? पुराने इतिहास और नए इति...
- पुरानी चीजों से कैसे आपको छुटकारा पाना है और नई चीजों को कैसे अपनाना है?...? इन दोनों के लिए एकान्तसेवन आपके लिए आवश्यक है। एक महीने का यह एकान्तसेवन आपके लिए बहुत महत्त्वपूर्ण है...
- पुरानी बात कैसे हो गई?...? बैंक से आप कर्जा लाए थे और बैंक का कर्जा बढ़ते-बढ़ते दुगुना हो गया है, अब आप चुकायेंगे कि नहीं, चुकाये...
- पुरानी शक्ल को बदल देता है?...? हाँ बेटे, पुरानी शक्ल को बदल देता है और उस चीज का नाम होता है पारस। पारस किसे कहते हैं? पारस बेटे अध...
- पुराने इतिहास और नए इतिहास में क्या फरक पड़ गया?...? हम बनाएँगे नया वातावरण
मित्रो! जो हवा थी, वातावरण था, वह ठंढा हो गया और दूसरी तरह की हवा आ...
- पुराने इतिहास और नए इतिहास में क्या फर्क पड़ गया?...? हम बनाएँगे नया वातावरण मित्रो जो हवा थी, वातावरण था, वह ठंडा हो गया और दूसरे तरह की हवा आ गई। हम उसी...
- पुराने कहानी-किस्सों से क्या फायदा?...? आज तो लड़ाई हो नहीं रही है, फिर चिन्ता करने से हमें क्या फायदा है। फिर मैंने पीछे देखा कि गीता में आख...
- पुराने जमाने में आप वकील थे, तो हम क्या कर सकते हैं?...? आप वकील थे तो आपने रुपये कमाये होंगे, आपने रोटी खायी होगी।...
- पुराने जमाने में जब सोने-चाँदी के सिक्के चलते थे, तब उनके ऊपर कसौटी लगाई जाती थी कि कौन सिक्का खरा है और कौन खोटा?...? आपके पास जो भी घटना आये, परिस्थिति आये, व्यक्ति या विचार आये, प्रत्येक के ऊपर कसौटी लगाइये और देखिए ...
- पुरुष कैसे होता है?...? जिसमें सारे अक्षरों में पुलिंग का समावेश हो। आपमें से किसी को संस्कृत आती होगी, आप गायत्री मंत्र...
- पुरुष को लाभ प्रतीत होता है और नारी भी उसकी अभ्यस्त हो गई है, तो इस प्रसंग में क्यों छेड़-छाड़ की जाए?...? ऐसे विचार पुरातन पन्थी अकसर प्रकट करते रहते हैं। यथास्थिति बने रहने में उथल-पुथल के झंझट से तो बचा ज...
- पुरुष यदि इस तर्क को स्वीकार नहीं कर सकते तो अकेली स्त्री को ही उस सीमा बन्धन में बाँधना किस तर्क एवं न्याय के आधार पर उचित ठहराया जा सकता है?...? विशेष कार्य तो हर किसी के जिम्मे होता है पर वह उतने तक ही सीमित रहने के लिए विवश नहीं किया जाता। पण्...
- पुरुष यदि इस तर्क को स्वीकार नहीं कर सकते तो अकेली स्त्री को ही उस सीमा बन्धन में बाँधना किस तर्क एवं न्याय के आधार पर उचित ठहराया जा सकता है?...? विशेष कार्य तो हर किसी के जिम्मे होता है पर वह उतने तक ही सीमित रहने के लिए विवश नहीं किया जाता। पण्...
- पुरुष हैं तो क्या?...? इनसान तो हैं। इनसान, इनसान के प्रति अच्छे भाव रखे। उनमें सरसता के भाव रखे, तो इसमें क्या बुरा है? का...
- पुरुषार्थ किसे कहते हैं?...? जो हाथ-पाँव से सम्बन्ध रखता है। दिलचस्पी से काम करने का नाम पुरुषार्थ है। इसके साथ ही भाग्य भी होना ...
- पुरुषार्थ की दौड़-धूप करने से क्या लाभ?...? इस प्रकार की मान्यता वाले की प्रगति का क्रम समाप्त हो गया ही समझना चाहिए।देव शक्तियों से लोग अपने म...
- पुरुषार्थ नहीं करता एवं किताबों पर ध्यान नहीं देता, तो पास हो सकता था?...? नहीं, वह कभी भी पास नहीं हो सकता था। अगर कोई देहात में पैदा हुआ होता, खानदान वाले शिक्षा का महत्त्व ...
- पुरुषों को क्यों पर्दे में नहीं रहना चाहिए?...? नहीं, स्त्रियों के सिर की रक्षा की जानी चाहिए। फिर पुरुषों के सिर की रक्षा क्यों नहीं की जानी चाहिए?...
- पुरोहित किसे कहते हैं?...? पुरोहित उसे कहते हैं, जो मार्ग दिखाता है, रास्ता दिखाता है, उपदेश करता है और हमको गलत रास्ते से घसीट...
- पुरोहित किसे कहते हैं?...? पुरोहित उसे कहते हैं, जो मार्ग दिखाता है, रास्ता दिखाता है, उपदेश करता है और हमको गलत रास्ते से घसीट...
- पुलिस का दरोगा सामने बैठा हो, सामने कलेक्टर बैठा हो, तो क्या जेबकट की हिम्मत पड़ेगी कि वह किसी की जेब काट ले?...? कलेक्टर पकड़ लेगा, दरोगा पकड़ लेगा, पुलिस पकड़कर ले जायेगी।
जब कोई नहीं होगा तभी तो आदमी जेब काट सकत...
- पुलिस, फौज, कचहरी, जेल, फाँसीघर जैसे संस्थानों में लगी हुई जनशक्ति तथा साधन शक्ति कोई अन्न-वस्त्र उत्पादन जैसा उपयोगी काम थोड़े ही करती है?...? इसकी समस्त क्षमता उद्दण्डता से जूझने में ही समाप्त हो जाती है। मनुष्य में ईमान और भगवत् की ज्योति है...
- पुलिसवाले से भी बनाकर रखो, हकीम से भी बनाकर रखो, डॉक्टर से भी बनाकर के रखो, पण्डित से भी बनाकर रखो, न जाने कब काम पड़ जाए?...? ये देखना भाई! कैसी गड़बड़ हो गयी? तो इस तरीके से क्या है—हरेक से रिश्ता बनाकर के रखो। न जाने कौन किस क...
- पुस्तकों का मूल्य स्वल्प होता है पर उनके द्वारा जो प्रभाव उपलब्ध किया जा सकता है उसे बहुमूल्य या अमूल्य ही मानना पड़ेगा?...? सत्साहित्य ने अगणित व्यक्तियों को ऊँचा उठने और आत्मबल सम्पन्न हो सकने का अवसर दिया है।...
- पुस्तकों के बीच कुछ रखने से क्या पुस्तकों को क्षति नहीं पहुँचती?...? ’’ पुस्तकें बोल नहीं सकतीं, इसलिए उन पर अत्याचार करना ठीक नहीं। पुस्तकें हमारी गुरु हैं, इसलिए उनका ...
- पुस्तकों में से पढ़कर सुनाते रहने से भी यह कार्य अच्छी तरह पूरा हो सकता है, संसार भर में प्रगतिशील स्त्रियाँ क्या कर चुकीं?...? क्या कर रही हैं? यह तथ्य यदि उन्हें सुनाये जाते रहें तो सहज ही अभिनव प्रेरणा उत्पन्न होगी और प्रगति ...
- पूछ कि वह क्या होती है?...? विधि तो हम उसे कहते हैं, जिसको कि हम कर्मकाण्ड कहते हैं। चीजों की इधर-उधर हेरा-फेरी करना, जीभ से अल्ल...
- पूछा गया कि देखिए द्रौपदी का कोई शुभ कर्म है क्या?...? शुभ कर्मों का खाता खोलकर जब देखा गया तो एक शुभ कर्म मिल गया। क्या शुभ कर्म मिल गया? शुभ कर्म किसे कह...
- पूछा जाना चाहिए कि सहयोगी को बोझ बना लेने के लिए जिम्मेदार कौन है?...? प्रायः लोग रटा-रटाया उत्तर देते हैं कि यह हमेशा से चला आ रहा है।
पहली बात तो यह है कि इस तरह के उत...
- पूछा, ‘‘क्या मतलब?...? ’’‘‘बुरा न मानें—मेरा मतलब यह है कि आपकी ये व्याख्याएँ बुद्धि-कौशल हैं, अथवा इनके साथ आपकी अनुभूतिया...
- पूछा, ‘‘बात क्या है?...? क्यों परेशान हो?’’ पता चला परेशानी रोटी की है।‘‘अरे बस! तुम सब लोग अपनी-अपनी रोटियाँ एक जगह जमा करो ...
- पूछा, ‘‘यहाँ निर्माण कैसे हो सकेगा, बताओ?...? ’’ चाँदवानी जी ने जमीन देखकर कहा, ‘‘यहाँ तो निर्माण करना बहुत मुश्किल होगा और महँगा भी। आप कोई और जम...
- पूछा—‘‘मैं और अधिक क्या करुँ?...? ’’‘‘संघ के संचालन के लिए अपनी सम्पत्ति का एक अंश और समाज के जन-जन तक सद्विचारों का सरिता-प्रवाह फैला...
- पूजन करते हुए गान्धारी ने कुन्ती से पूछा-बहन मैंने तो अपने सौ बेटों से एक महा पूर्व ही हाथी लाने को कहा पर आपने अर्जुन से आज ही क्या कहा कुन्ती हँसी और बोली-बहन संख्या में वे पाँच हैं तो क्यों?...? मुझे अपने बच्चों की समर्थता पर पूरा भरोसा है। (३) आस्ट्रेलिया में कोई हिंसक जानवर नहीं पाया जाता तो ...
- पूजा का महत्त्व, पूजा का मतलब एक ही है, आप समझते क्यों नहीं हैं?...? पूजा का मतलब है—इनसानी गुणों का विकास, इनसानी कर्म का विकास, इनसानी स्वभाव का विकास आपने जो समझ रखा ...
- पूजा की थी, अनुष्ठान किया था, जप-तप किया था?...? नहीं, तो फिर कैसे हो गया? ऊँचे उद्देश्यों के लिए भगवान के कन्धे से कन्धा मिलाकर वे चल पड़े थे और निहा...
- पूजा की थी?...? नहीं केवल उन्होंने यह किया था और यह कहा था—हम आपके साथ हैं। आपके साथ कन्धे-से लगाकर चलेंगे।उसी में व...
- पूजा के विधि-विधान भी वही हैं फिर आप में फर्क कैसे पड़ गया?...? हम यही कहते हैं कि आप इसे जान लें।गायत्री के सम्बन्ध में हमारे गुरुदेव ने, जब पहले दिन आए थे, तभी उस...
- पूजा क्या होती है और पाठ क्या होता है?...? बेटे! जबान से जो कुछ भी उच्चारण किया जाता है, उसका नाम पाठ है। मसलन आप जप करते हैं तो वो पाठ हो गया।...
- पूजा से क्या मतलब है?...? गाली देने से क्या मतलब है? लेकिन जब मैंने ये विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म और अध्यात्म तक का स...
- पूजा से ही ईश्वर प्रसन्न हो सकता है तो फिर उसका अनुग्रह प्राप्त करने के लिए कठोर कर्तव्यों का पालन कौन करे?...? आत्मनियन्त्रण, व्यक्तित्व का परिष्कार, लोकमंगल के लिए त्याग, बलिदान, योग साधना एवं तपश्चर्या अपनाने ...
- पूजा-उपासना अगर बेकार की बात होती है, पूजा अगर निरर्थक होती, पूजा अगर दिल्लगीबाजी रही होती, तो मैं क्यों करता?...? नहीं मित्रो! मैंने स्वयं पूजा−पाठ किया है, उपासना किया है। मित्रो! मैंने अपने आपको पूजा-उपासना म...
- पूजा-उपासना थी अर्जुन की?...? क्या पूजा-उपासना थी, आप बताइये? कोई अनुष्ठान, जप, तप, ध्यान, धारणा, समाधि—दैनिक जीवन में कुछ भी नहीं...
- पूजा-पाठ का क्या मतलब है?...? पूजा-पाठ का मतलब केवल यह है कि हमारा ध्यान भगवान की तरफ चला जाए। हमको भगवान के साथ जुड़ना है। भगवान ...
- पूजा-पूजा चिल्लाने की बजाय यह बताइये कि आपके विचार किस तरीके के हैं?...? मित्रो! ईश्वर का विश्वासी हर जगह भगवान को हाजिर-नाजिर समझता है। ईश्वर विश्वासी इस बात को समझता है ...
- पूजार्ह को शोषण के बन्धनों में क्यों कर बाँधा गया?...? यह सभी अनबूझे प्रश्न अन्तरिक्ष में गूँजते हैं और अपना समाधान पूछते हैं।
नारी को भी परिप...
- पूज्यवर ने कहा, ‘‘एक-एक करके बताओ, कहाँ-कहाँ जली है?...? वे नंबर गिनते गये, जब पूरा समाचार सुन लिया तो बोले, ‘‘अब तुम जाओ। तुम्हारा काम समाप्त और मेरा काम शु...
- पूज्यवर ने बतलाया-बेटे धरती क्या बादलों के पास जाती है या बादल स्वयं आते हैं धरती पर?...? हमने कहा बादल स्वयं आते हैं एवं धरती पर बरस जाते हैं। बादलों को चलना पड़ता है। बादल स्वयं बरसते रहत...
- पूज्यवर ने बेटे से पूछा, ‘‘भूत तुझसे क्या माँगते हैं?...? ’’ बेटे ने कहा, ‘‘फूल माँगते हैं?’’ गुरुजी ने एक फूल उठाकर दे दिया। उनके जाने के बाद हम लोगों से कहा...
- पूज्यवर भला ऐसा कैसे होने देते?...? साधु का भी कहीं अता-पता नहीं था। अतः आठों अपना डेरा उठाकर मथुरा आये। गुरुदेव ने मुस्कुराते हुए समाचा...
- पूरा नहीं करेंगे?...? विद्या को आप नहीं पढ़ेंगे? स्वास्थ्य को सुधारेंगे नहीं? जन सम्पर्क बढ़ायेंगे नहीं? सेवा के लिये कदम बढ़...
- पूरा संसार अज्ञानता के अन्धकार में क्यों डूब रहा है?...? इसका क्या कारण है? भगवान् चुप क्यों है? भगवान् को सत्यम्-शिवम्-सुंदरम् कहा जाता है, फिर उसके राज...
- पूरे कुएँ में भाँग पड़ गई, जो सुधार का जिम्मा उठाते हैं, वे अधिकारी भी दूध के धुले कहाँ है?...? पक्षपात और भ्रष्टाचार को कहाँ प्रश्रय नहीं मिल रहा है? ऐसी दशा में हर विचारशील की आँखों के आगे अँधेर...
- पूरे संसार में अनाचार और भ्रष्टाचार क्यों फैला हुआ है?...? पूरा संसार अज्ञानता के अन्धकार में क्यों डूब रहा है? इसका क्या कारण है? भगवान् चुप क्यों है? भगवान्...
- पूर्ण पुरुष क्यों?...? क्योंकि उनके जीवन में इन सारी बातों का समन्वय है। जहाँ उन्होंने त्याग की जरूरत समझी है, सेवा की जरूर...
- पूर्ण पुरुष क्यों?...? क्योंकि उनके जीवन में इन सारी बातों का समन्वय है। जहाँ उन्होंने त्याग की जरूरत समझी है, सेवा की ...
- पूर्ण-पुरुष कैसे हो सकता है?...? पूर्ण-पुरुष ऐसे हो सकता है कि वह मर्यादाओं को दोनों तरीके से देखता है। वह उद्देश्य को देखता है, साधन...
- पूर्णाहुति के लिए आते समय यह निश्चय भी साथ ही करते हुए आना चाहिए कि आमंत्रित देवशक्तियों के सम्मुख अपनी निष्ठा और श्रद्धा का क्या प्रमाण प्रस्तुत करेंगे?...? देवदक्षिणा का प्रतिज्ञापत्र ही हमारे अन्दर जाग्रत दैवी भावना का सच्चा सबूत माना जा सकता है।
प्रतिज...
- पूर्व की दिशा से जब सूर्य निकलता है, तो उसकी जिम्मेदारी कौन उठाएगा?...? किरणें ही तो उठाएँगी। किरणों को ही तो फैलना है। वही तो गर्मी फैलाएँगी। सूर्य की किरणों को हर चीज म...
- पूर्ववर्ती अभिभावकों, बड़ों और आश्रितों के ऋणों को चुकाने की ही व्यवस्था नहीं बन पाती तो नये अतिथियों को क्यों न्यौत बुलाया जाय?...? समय की विषमता को देखते हुए अनावश्यक बच्चे उत्पन्न कर परिवार का भार बढ़ाना परले सिरे की भूल है। समान ...
- पूड़ी, कचौड़ी, लड्डू, रोटी, दाल, चावल आदि कुछ नहीं?...? नहीं महाराज जी! यह सब तो होटल में बनते हैं और आप तो जानते हैं कि आजकल के होटलों का कोई भरोसा नहीं ...
- पृथ्वी का वजन कितना है?...? अरे साहब क्या कहने पृथ्वी के बहुत वजन है। और पृथ्वी की चाल? पृथ्वी की चाल साहब एक घण्टे में छह हजार म...
- पृथ्वी का वजन कितना है?...? अरे साहब क्या कहने पृथ्वी का। बहुत वजन है और पृथ्वी की चाल? पृथ्वी की चाल साहब 1 घण्टे में छह हजार मी...
- पृथ्वी के निवासियों पर क्या-क्या असर पड़ता है?...? ये सारी की सारी खोजें आर्यभट्ट ने अपने जमाने में इसी हिमालय में की थीं। आप कभी शान्तिकुञ्ज आएँ तो देख ...
- पृथ्वी के निवासियों पर क्या-क्या असर पड़ता है?...? ये सारी की सारी खोजें आर्यभट्ट ने अपने जमाने में इसी हिमालय में की थी। आप कभी शान्तिकुञ्ज आएँ तो देख...
- पृथ्वी को नापने वाला क्या कोई मनुष्य वामन हो सकता है?...? हाँ हो सकता है। कौन कर सकता है? भावनाएँ कर सकती हैं। भावनाएँ यदि निम्नकोटि की हों तो ये आदमी क...
- पेंट पहनते हैं, तो क्या हुआ?...? हैं तो मानव की शक्ल में देवता ही। जिस तरीके से राम ने रीछ-बानरों को देवता माना और अपनी छाती से ल...
- पेंशन भी मिल जायेगी?...? नहीं बेटे, अब वह सब नहीं बनेगा। जो समय चला गया, सो अब नहीं आ सकता। मैं क्या कर सकता हूँ? समय गया, ...
- पेट और प्रजनन की विडम्बनाओं के अतिरिक्त वे क्या आगे की और कुछ बात सोच या कर सकेंगे?...? पर समय ही बतायेगा कि इसी जाल जंलाल में जकड़े हुए वर्गों में से कितनी प्रबुद्ध आत्माएँ उछलकर आगे आती ...
- पेट और प्रजनन की विडम्बनाओं के अतिरिक्त वे क्या आगे की और कुछ बात सोच या कर सकेंगे?...? पर समय ही बतायेगा कि इसी जाल जंजाल में जकड़े हुए वर्गों में से कितनी प्रबुद्ध आत्माएँ उछल कर आगे आती ...
- पेट और प्रजनन के लिए यही तो काम रहा न?...? और बताइये और कौन-सा काम किया आपने? इन दो कामों के अलावा आपने क्या काम कर लिया? चलिये तीसरा एक और काम...
- पेट के अलावा भी कोई लक्ष्य है आपका क्या?...? पैसे के अलावा भी कुछ विचार कर सकते हैं क्या? पैसे के अलावा भी कुछ हवस है क्या? पैसे के अलावा भी को...
- पेट के लिए जितनी जरूरत थी उससे (ज) ज्यादा कमाते रहे क्या?...? कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियाँ पूरी करनी चाहिए थीं, उसको पूरा करने के स्थान पर अनावश्यक संख्या में ल...
- पेट के लिए जितनी जरूरत थी, उससे ज्यादा कमाते रहे क्या?...? कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियों पूरी करनी थीं, उसके स्थान पर अनावश्यक संख्या में लोग बहाते रहे क्या और...
- पेट के लिये जितनी जरूरत थी, उससे ज्यादा कमाते रहे, क्या?...? कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियाँ पूरी करनी चाहिए थी, उसको पूरा करने के स्थान पर अनावश्यक संख्या में लो...
- पेट कैसे चुकायेंगे?...? लड़कियों की शादी कैसे होगी? हमारी नौकरी में तरक्की कैसी होगी इत्यादि छोटी चीजों में आप लगे रहते हैं, ...
- पेट कैसे भरेगा?...? और गणेश जी का? गणेश जी को ‘अक्षतं समर्पयामि’, गणेश जी को अक्षत चढ़ाता ही जा रहा है। समझता नहीं कि क्य...
- पेट कैसे भरेगा?...? और गणेश जी का? गणेश जी को ‘अक्षतं समर्पयामि’, गणेश जी को अक्षत चढ़ाता ही जा रहा है। समझता नहीं कि क्य...
- पेट को जमा नहीं रखना चाहिए?...? पेट को सारे शरीर के लिए खर्च कर देना चाहिए। पेट का यह स्वभाव है। अगर पेट जमा करके रखेगा, तो क्या हो ...
- पेट खाली न करें तब?...? तब आप खा नहीं सकेंगे। साँस को पहले बाहर निकाल लेते है, तब आपको प्राणवायु का नया सिलसिला मिलता है। अग...
- पेट ने क्या काम किया?...? पेट से मैंने कहा—‘‘दोस्त! तुझे खूब मजा मिला। दूसरों ने कमाया था, तुम इसको दबाकर रखो, बैंक में जमाकर ...
- पेट ने क्या किया?...? पेट को जमा नहीं रखना चाहिए? पेट को सारे शरीर के लिए खर्च कर देना चाहिए। पेट का यह स्वभाव है। अगर पेट...
- पेट ने जो खाना खाया, वह कहाँ चला गया?...? खून बना करके हृदय में भेज दिया गया। खून का क्या हुआ? खून को नाड़ियों में भेज दिया गया। नाड़ियों ने हृद...
- पेट पर अनावश्यक भार क्यों लदता है?...? इसका उत्तर एक है-चटोरेपन की ललक में तब तक ठूँस-ठाँस करते जाना, जब तक कि पेट तनने न लगे और फटने की ...
- पेट पालना क्या कोई बड़ी समस्या है?...? मैं तो आपकी तरह सेवा करूँगी और ऐसा महान व्यक्ति, जिसको मैं देवता कहूँ, भगवान कहूँ, उसके चरणों को धोक...
- पेट पालने की समस्या?...? अरे बाबा, पेट पालने की समस्या भी कोई समस्या है क्या? कीड़े अपना पेट पाल लेते हैं, मच्छर पाल लेते हैं,...
- पेट भरने और औलाद पैदा करने के लिए जिन्दा हैं?...? हाँ साहब! पेट भरने और औलाद पैदा करने के अलावा हमारा तीसरा कोई उद्देश्य नहीं है। इसके अतिरिक्त न हमार...
- पेट भरने के अलावा जो कार्य कर सकते हैं, उसे क्यों न करें?...? जब यह प्रश्न आपके सामने ज्वलन्त रूप से आ खड़ा होगा, तब यह आवश्यकता आपको अनुभव होगी कि हम अपनी मनःस्थि...
- पेट भरने के अलावा जो कार्य कर सकते हैं, उसे क्यों न करें?...? जब यह प्रश्न आपके सामने ज्वलन्त रूप में आ खड़ा होगा, तब यह आवश्यकता आपको अनुभव होगी कि हम अपनी मनःस्थ...
- पेट भरने को रोटी बराबर मिलती रही और आखिर में जब भगवान का प्यारा हुआ था?...? तब जो कमाई रावण ने की थी, बेईमानी, अनीति, चोरी और चालाकी के पश्चात् वह सारी कमाई का हकदार हो गया। कौ...
- पेटी पहने रहें तो?...? नहीं, पेटी नहीं पहन सकते। पेटी इज्जत है। तो महाराज जी! आपने लँगोटी क्यों दी, पैंट क्यों नहीं दिया, ज...
- पेटी पहने रहें तो?...? नहीं पेटी नहीं पहन सकते। पेटी इज्जत है। तो महाराज जी! आपने लँगोटी क्यों दी, पैंट क्यों नहीं दिया, जि...
- पेट्रोल नहीं होगा तो कार चलेगी किससे?...? कुण्डलिनी से विवेक आ गया, विचार आ गया, निश्चय करने का हौसला आ गया कि कौन-सी बात उचित है और कौन-सी अन...
- पेट्रोल नहीं होगा, तब?...? तब आपकी गाड़ी चलेगी नहीं। आप क्या करते हैं? आपकी टंकी में छेद हो गया है। आपका सारा का सारा पेट्रोल नी...
- पेड़ जो आपको बाहर खड़ा दिखाई पड़ता है, कहाँ से आता है?...? पेड़ पर फल, फूल, पत्ते कहाँ से आते हैं? अच्छा, पहले बताइए कि पत्ते कहाँ से आते हैं? पत्ते, साहब ! हव...
- पेड़ पर फल, फूल, पत्ते कहाँ से आते हैं?...? अच्छा, पहले बताइए कि पत्ते कहाँ से आते हैं? पत्ते, साहब ! हवा में से भागते हुए आ जाते हैं और डाली से...
- पेशाब न करें तब?...? साँस नहीं लें तब?...
- पेड़ कितना ऊँचा है?...? बहुत ऊँचा है। और भगवान कितना ऊँचा है। बहुत ऊँचा है आप जरा गुँथ के देखिये न, उसके अनुशासन को पालिए न,...
- पेड़ कैसे पैदा होते हैं?...? यह सृष्टि क्या है? राजनीति क्या है? समाज क्या है? एक नागरिक कर्तव्य क्या है? जीविका उपार्जन कैसे करन...
- पेड़ कैसे पैदा होते हैं?...? यह सृष्टि क्या है? राजनीति क्या है? समाज क्या है? नागरिक कर्तव्य क्या है? आजीविका उपार्जन कैसे करना ...
- पेड़ जो आपको बाहर खड़ा दिखाई पड़ता है, कहाँ से आता है?...? पेड़ पर फल, फूल, पत्ते कहाँ से आते हैं? अच्छा, पहले बताइए कि पत्ते कहाँ से आते हैं? पत्ते, साहब, हवा ...
- पेड़ न मिले तब?...? तब फिर मुश्किल है। अगर आप उतने लम्बे न हों, जितनी कि बेल, बेल फैल तो सकती है जमीन पर; लेकिन ऊँची नही...
- पेड़ पर फल, फूल, पत्ते कहाँ से आते हैं?...? अच्छा, पहले बताइए कि पत्ते कहाँ से आते हैं? पत्ते, साहब, हवा में से भागते हुए आ जाते हैं और डाली से ...
- पेड़ों से पूछा—सीता आपने देखी?...? पक्षियों से पूछा—आपने सीता देखी? जानवरों से पूछा—सीता आपने देखी? किसी ने जवाब नहीं दिया, तो चिल्ला क...
- पैंट कहाँ से आया?...? केवल लंगोटी है। तो क्या इसे दान करेंगे? इसे क्या दान करेंगे आप? आप तो केवल अपनी गरीबी दान कर सकत...
- पैंटन टैंक कैसे चलता है?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘गुरुजी, मुझे नहीं मालूम।’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘उसमें सारा फायरिंग सिस्टम कम्प्यूटर का ह...
- पैदल आना, पैदल जाना, किस सत्ता ने इतना बड़ा काम करा लिया?...? उनको विश्वास था और श्रद्धा थी। उस श्रद्धा और विश्वास ने सारा काम करा लिया। सारे भारतवर्ष में 1000 कु...
- पैदावार नहीं है?...? जमीन तो साफ की नहीं आपने। जमीन को साफ किये बिना इसमें कोई चीज पैदा नहीं हो सकती। माली है, कलम लगा-लग...
- पैनी नजर से देखें कि काम उदास मन से, उपेक्षापूर्वक, मन्दगति से तो नहीं हो रहा है?...? समुचित तत्परता और स्फूर्ति बरती गयी या नहीं? समय, श्रम और परिपूर्ण मनोयोग से ही काम का स्वरूप निखरता...
- पैर छूने के बाद में और माला पहनाने के बाद में और क्या करना पड़ता है?...? उनके पेट में से, उनके मुँह में से जाकर खट से टिकट आ जाता है। किसका टिकट आ जाता है? आशीर्वाद का टिक...
- पैर पकड़ा कि हाथ पकड़ा, गर्दन पकड़ी?...? नहीं, न हमने गर्दन पकड़ी, न हाथ पकड़ा, न पाँव पकड़ा बल्कि ‘करिष्ये वचनम् तव’। श्रीकृष्ण और अर्जुन जब यु...
- पैर में क्या है?...? जो तेरे पैर में है, सो हमारे पैर में है। कोई बड़ी चीज नहीं है, जो कुछ है, सो तेरी श्रद्धा में है। यद...
- पैसा आपके पास है?...? हम आपको क्या हवाला दें कि हमारे पास पैसा है कि नहीं है। आप हमारे मकान देख लीजिए। पैसा वाला होता है, ...
- पैसा ऐसे लोगों को दिया जाता है, जिनकी समझ में नहीं आता कि उसका क्या इस्तेमाल किया जाए?...? इस धर्मभीरु जनता को क्या कहा जाए? उनकी धर्मभीरुता को किस तरीके से धिक्कारा जाए? इतना समर्थ धर्मतंत्र...
- पैसा कमा करके हम क्या करेंगे?...? कर्तव्यों का वजन हमारे ऊपर रखा है। पहले कर्तव्यों का वजन तो कम कर लें, तब सम्पत्तिवान बनने की बात सो...
- पैसा कमाएँ कैसे?...? गलत तरीके से अगर आपने पैसा कमा लिया है तो गलत तरीके से ही जाएगा। जो पैसा आदमी को रुला करके आया है वह...
- पैसा कमाना कठिन है?...? शायद ईमानदारी से या बेईमानी से भी यह हो सकता है। हम तो साहब वासना को पूरा करेंगे। कोशिश कीजिए, शायद ...
- पैसा कहाँ से लाया था?...? बेटे, हम नहीं जानते कहाँ से लाया था। लेकिन हम यह जरूर जानते हैं कि चाणक्य ने इतना बड़ा रुतबा उसे प्रद...
- पैसा कहाँ है?...? मेरे पास साधन कहाँ हैं? भगवान ने कहा कि तू आगे चल और पीछे से मैं रुपया लेकर आया। और मित्रो! सम्राट अ...
- पैसा जिसके पास न हो तो क्या देगा?...? अरे बाबा! क्या आपसे मैं पैसे की बात कह रहा हूँ? मैं तो श्रम की बात कह रहा हूँ। समय की बात कह रहा हूँ...
- पैसा तो हम बराबर चुकाते रहे थे सो सरकार को इतना पैसा कहाँ से चुकाते?...? मेरे हिस्से में 26000 रुपये बैठते थे। उस समय में वह बहुत बड़ी रकम थी। हमने मिलकर वकील जुगत राम रावल ज...
- पैसा दिया होगा?...? नहीं, सन्तों ने किसी को पैसा नहीं दिया।
तो बेटा दिया होगा? नहीं, भाई साहब! बेटा भी नहीं दिया। तो ...
- पैसा देकर आप आदमी का क्या भला करेंगे?...? आप दूसरों को प्यार दीजिए। लोगों की आत्माएँ किस कदर प्यार के बिना तड़पती रहती हैं। आप दूसरों को सम्मा...
- पैसा देकर आप आदमी का क्या भला करेंगे?...? आप दूसरों को प्यार दीजिए। लोगों की आत्माएँ किस कदर प्यार के बिना तड़पती रहती हैं? आप दूसरों को सम्मान...
- पैसा नहीं कमा सकते?...? पैसे कमा करके हम क्या करेंगे? कर्तव्यों का वजन हमारे ऊपर रखा है। पहले कर्तव्यों का वजन तो कम कर लें,...
- पैसा नहीं कमा सकते?...? पैसा कमा करके हम क्या करेंगे? कर्तव्यों का वजन हमारे ऊपर रखा है। पहले कर्तव्यों का वजन तो कम कर लें,...
- पैसा नहीं था?...? साधन नहीं थे? बेकार बात मत करिए! न पैसे से कोई ताल्लुक है, न साधनों से कोई ताल्लुक है, न कठिनाइयों स...
- पैसा नहीं हो, तब?...? तो हम कैसे देंगे। बेटे, मैं पैसे की नहीं कहता हूँ। पैसा बड़ी वाहियात चीज है। पैसे जिनके पास जमा हैं...
- पैसा पाने के बाद आदमी क्या करता है?...? मौज उड़ाता है। हर आदमी मौज उड़ाने पर उतारू हो गया। खेती बारी करना बन्द कर दिया। काम-धंधे करना बन्द कर ...
- पैसा बढ़ेगा, तो हम क्या कर सकते हैं?...? शिक्षा बढ़ेगी, सभ्यता बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते हैं? दौलत बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते है? मित्रो! इस...
- पैसा बढ़ेगा, तो हम क्या कर सकते हैं?...? शिक्षा बढ़ेगी, सभ्यता बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते हैं? दौलत बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते हैं। मित्रो! इस...
- पैसा मिल जाता है और कोई बहुत फायदे या धंधा?...? और कोई धंधा नहीं है। जिसको आप व्यवसाय कहते हैं वह केवल एक ही फायदा कराता है। हम क्या कराते हैं? हम ब...
- पैसा मिल जाता है और कोई बहुत फायदे या धंधा?...? और कोई धंधा नहीं है। जिसको आप व्यवसाय कहते हैं, वह केवल एक ही फायदा कराता है। हम क्या कराते हैं? हम ...
- पैसा ले जाएँ, दान दे रहा है हमको?...? अंगुलिमाल कहता था कि हम कोई पण्डित हैं, जो हमें दान दे रहा है। हम तो अपनी मेहनत की कमाई खाते हैं। तो ...
- पैसा वाला होता है, तो कैसे मालूम पड़ता है, बताइए?...? किसी के यहाँ लड़की या लड़के की शादी के लिए बात करने जाते हैं, तो यह देखते हैं कि अरे! यह लड़की तो ला...
- पैसा है तो इसका क्या करें?...? समाज के सामने ढेर लगी समस्याओं का हल किस तरीके से करें, कुछ समझ में नहीं आता। बेअकली की इस अव्यवस्थ...
- पैसा है तो इसका क्या करें?...? समाज के सामने ढेर लगी समस्याओं का हल किस तरीके से करें, कुछ समझ में नहीं आता। बेअकली की इस अव्यवस्था...
- पैसा है तो इसका क्या करें?...? समाज के सामने ढेर लगी समस्याओं का हल किस तरीके से करें, कुछ समझ में नहीं आता। ऐसी बेअकली की अवस्था क...
- पैसे कमा करके हम क्या करेंगे?...? कर्तव्यों का वजन हमारे ऊपर रखा है। पहले कर्तव्यों का वजन तो कम कर लें, तब सम्पत्तिवान बनने की बात सोच...
- पैसे का प्रबन्ध कहाँ हो सकता था?...? विचारशील बातों में कोई आदमी कहाँ पैसा खर्च करता है? गरीबों को चाहें तो आप बहका दीजिए, मालदार को बहका...
- पैसे की कमी के कारण जब वे रामकृष्ण आश्रम की जमीन बेचने को तैयार हो गये तो फिर एक शिष्य ने पूछा-महाराज आप गुरु-स्मारक बेचेंगे क्या?...? विवेकानन्द ने उत्तर दिया मठ-मन्दिरों की स्थापना संसार की भलाई के लिये होती है। यदि उसका उपयोग भले काम...
- पैसे की क्वालिटी की बात है, पैसे की स्तर की बात है कि पैसा किस तरह का होना चाहिए?...? ‘द्रविणं’ इसी को कह सकते हैं।इस तरह ‘द्रविणं’ सहित सांसारिक पाँच फायदे हो गए और दो फायदे आध्यात्मिक ...
- पैसे की देख-भाल कैसे रखी जाती है?...? घर और सामान की व्यवस्था को किस तरीके से रखा जाना चाहिए—वगैरह-वगैरह। यह सांसारिक ज्ञान महिलाओं को कुट...
- पैसे की देखभाल कैसे रखी जाती है?...? घर और सामान की सुव्यवस्था को किस तरीके से रखा जाना चाहिए? - वगैरह, वगैरह, सांसारिक ज्ञान उन महिलाओं ...
- पैसे की शक्ति समझते हैं, विचारों को क्यों नहीं समझते?...? विचार असल में सबसे बड़ी शक्ति है। विचारों का अपव्यय मत होने दीजिए। विचारों को आवारा कुत्ते के तरीके म...
- पैसे के अलावा भी कुछ हवस है क्या?...? पैसे के अलावा भी कोई लक्ष्य है आपका? बेटे, आपको विचार करना पड़ेगा। अगर आपका लक्ष्य वही है, तो मैं आ...
- पैसे के अलावा भी कुछ विचार कर सकते हैं क्या?...? पैसे के अलावा भी कुछ हवस है क्या? पैसे के अलावा भी कोई लक्ष्य है आपका? बेटे, आपको विचार करना पड़े...
- पैसे के अलावा भी कोई लक्ष्य है आपका?...? बेटे, आपको विचार करना पड़ेगा। अगर आपका लक्ष्य वही है, तो मैं आपको कीड़े की संज्ञा दूँगा, मकोड़े की सं...
- पैसे के लिए मनसा देवी या मनसा देवी के लिए पैसा?...? नहीं साहब। पैसे के लिए मनसा देवी। ठीक है, बेटे! मैं समझता हूँ कि तेरा भजन मनोकामना के लिए, गुरु भी म...
- पैसे को कमाना ही नहीं, वरन् उसको खर्च कैसे करना चाहिए?...? हमारे पास जो कुछ है, उसको हमको कैसे खर्च करना है? अब आपको कमाने की उतनी ज्यादा चिन्ता नहीं करनी चाह...
- पैसे को शक्ति समझते हैं — श्रम को (श) शक्ति समझते हैं, पर विचारों को क्यों नहीं समझते?...? विचार असल में सबसे बड़ी शक्ति है। विचारों का अपव्यय मत होने दीजिये। विचारों को आवारा कुत्ते की तरीके...
- पैसे थे, तैयारी भी हो गई थी, लेकिन उस साल क्या हो गया?...? उस साल सब जगह बड़े जोर का अकाल पड़ गया। मनुष्य भूखे मरने लगे, बच्चे भूखे मरने लगे। पैसे-पैसे के लिए ...
- पैसे थे, तैयारी भी हो गई थी, लेकिन उस साल क्या हो गया?...? उस साल सब जगह बड़े जोर का अकाल पड़ गया। मनुष्य भूखे मरने लगे, बच्चे भूखे मरने लगे। पैसे-पैसे के लिए त...
- पैसे में चैन कहाँ से आ जाएगा?...? इन चीजों में चैन कहाँ से आ जाएगा? चैन तो बेटे! आदर्शों में रहता है, सिद्धान्तों में रहता है। सिद्धान...
- पैसे लाइए, ऐं पैसे लेगा?...? हमने तो समझा था कि प्रार्थना से ही जलेबी मिल जाती हैं। भाईसाहब, आपको किसी ने गलत बता दिया हैं।महाराज...
- पैसे ले ले, पर उँगली क्यों काटता है हमारी?...? वह कहता, वाह! फोकट में, दान में नहीं लेता हूँ। पहले तेरी उँगली काटूँगा, तो मेरी मेहनत हो जाएगी। ...
- पैसे ले ले, पर उँगली क्यों काटता है हमारी?...? वह कहता, वाह! फोकट में, दान में नहीं लेता हूँ। पहले तेरी उँगली काटूँगा, तो मेरी मेहनत हो जाएगी। फिर ...
- पैसे वाला बड़ा होता है या ज्ञानवान?...? बनिया बड़ा होता है या पण्डित? तू किसको प्रणाम करता है-बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है? लाला...
- पैसे वाला बड़ा होता है या ज्ञानवान?...? बनिया बड़ा होता है या पण्डित? तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है? लाल...
- पैसे वाला बड़ा होता है या ज्ञानवान?...? बनिया बड़ा होता है या पण्डित? तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है?? लाल...
- पैसे से क्या बनता-बिगड़ता है?...? अनासक्त योगी की तरह जिएँ
मित्रो! अगर आप अपने आपमें दो महत्त्वाकांक्षाएँ दो चीजें बदल पाएँ, त...
- पैसे से सिर्फ क्या होता है?...? पसीना मेरी सम्पत्ति है। पसीना बहायेंगे और लोगों की सहायता करेंगे और सेवा करेंगे। मित्रो! बिना पढ़ा...
- पैसों को मैं क्या करूँगा?...? पैसे इकट्ठा करने को मैं खड़ा हो जाऊँ तो चोर और चालाक, ठग और बेईमान और बदमाश महल इकट्ठे कर लेते हैं, ...
- पोटली देने के बाद में क्या भगवान ने कुछ नहीं दिया था?...? पहले तो भगवान माँगते हुए आते हैं। शबरी के पास भगवान माँगते हुए गयी—अरी! हम बहुत भूखे हैं, खाना खिलाओ...
- पोशाक कहाँ से आये?...? शृंगार कहाँ से आये? उन्होंने सिन्दूर से उनको लपेट दिया, और सिन्दूर से उन पत्थरों को लपेट देने के बाद...
- पोशाक कहाँ से आये?...? शृंगार कहाँ से आये? उन्होंने सिन्दूर से उनको लपेट दिया और सिन्दूर से उन पत्थरों को लपेट देने के बाद ...
- पोस्ट कार्ड हमारे बाप-दादों ने, उसके ऊपर तीन पीढ़ी वालों ने देखा था?...? टेलीफोन देखा था? रेल देखी थीं? सड़कें देखी थीं? पैदल चला करते थे पगडण्डियों पर बेचारे। और, और गरीबी म...
- प्याऊ चलाने से क्या मतलब है?...? यह आध्यात्मिक बात है। यह सन्त की बातें हैं। तो क्या आप सन्त की दुकान बन्द कर देंगे? नहीं, बन्द नही...
- प्याऊ चलाने से क्या मतलब है?...? यह आध्यात्मिक बात है। यह सन्त की बातें हैं। तो क्या आप सन्त की दुकान बन्द कर देंगे? नहीं, बन्द नहीं ...
- प्यार ऐसा होता है?...? प्यार इसी चीज का नाम है? इसी कमीनेपन को आप प्यार कह रहे थे? कमीनेपन को ही प्यार कहते हैं? नहीं साह...
- प्यार आपका ऐसा ही है ना?...? हाँ, प्यार में जो कोई भी मिल जाए, उसको हम हड़प कर जाएँ। कौन मिल जाए? साईं बाबा मिल जाए तो उसको मैं सा...
- प्यार इसी चीज का नाम है?...? इसी कमीनेपन को आप प्यार कह रहे थे? कमीनेपन को ही प्यार कहते हैं? नहीं साहब! यह तो हमारा प्यार है। ...
- प्यार करने का अभ्यास कैसे किया जाता है?...? प्यार कैसे होता है, जरा बताना? प्यार करने का दुनिया में एक ही तरीका है कि जिसको हम मुहब्बत करते हैं,...
- प्यार करने की पहचान ही यह है कि आप उसकी सेवा करना चाहते हैं या नहीं?...? प्यार करने वाला अपना अनुदान दूसरों को देता है। प्यार करने वाला स्वयं कष्ट उठाता है तथा दूसरों को स...
- प्यार कहाँ से शुरू होना चाहिए?...? प्यार भगवान से शुरू होना चाहिए। भगवान से क्या मतलब है? भगवान कोई व्यक्ति नहीं होता। आप फिर ध्यान र...
- प्यार का अभ्यास कैसे किया जाता है?...? प्यार कैसे होता है, जरा बताना? प्यार करने का दुनिया में एक ही तरीका है कि जिसको हम मुहब्बत करते हैं,...
- प्यार का माद्दा बढ़ाने से क्या मतलब है?...? प्यार का मतलब सामयिक शिष्टाचार नहीं है, दिखावट नहीं है। दावत खिलाना नहीं है। कोई प्रेम-उपहार देना नह...
- प्यार किससे होता है?...? सिद्धान्तों से। इनसानों से नहीं होता प्यार। नहीं साहब! हमें बेटे से प्यार है। नहीं, बेटे से प्यार ...
- प्यार किसे कहते हैं?...? प्यार उसे कहते हैं जिसमें कि आदमी अपने प्रेमी के लिए, अपने प्रियतम के लिए अपने को निछावर कर देता है।...
- प्यार की कोई शक्ल हो सकती है?...? कोई शक्ल नहीं हो सकती। क्रोध जब आता है, तो उसकी कोई शक्ल होती है? नहीं होती है। हाँ, क्रोध की वज...
- प्यार की यह कशिश आप पैदा कर सकते हैं?...? हाँ, आप पैदा कर सकते हैं। शर्त केवल यह है कि आपका जो प्यार है, वह छोटे से खानदान के बन्धनों में इस ...
- प्यार कैसा होता है?...? प्यार ऐसा होता है, जो भगवान से शुरू किया जाता है और इंसान तक फला दिया जाता है। भगवान से प्यार कैसा...
- प्यार कैसे किया जाना चाहिए?...? दोनों ही हाथ भगवान के हैं। उसके एक हाथ में दण्ड है और एक हाथ में कमल का फूल है। दोनों हाथ में शंख और...
- प्यार कैसे होता है, जरा बताना?...? प्यार करने का दुनिया में एक ही तरीका है कि जिसको हम मुहब्बत करते हैं, उसको कुछ दें। बच्चे को हम प्या...
- प्यार कैसे होता है, जरा बताना?...? प्यार करने का दुनिया में एक ही तरीका है कि जिसको हम मुहब्बत करते हैं, उसको कुछ दें। बच्चे को हम प्या...
- प्यार को मैं खराब कैसे कहूँगा?...? मित्रता को मैं खराब कैसे कहूँगा? मित्रता तो बहुत अच्छी बात है। सहयोग बहुत अच्छी बात है। लेकिन आज के ...
- प्यार क्या ऐसे किया जाता है, जिसमें कि अपने प्रियतम को दुःख होता हो?...? प्यार ऐसे किया जाता है कि उसमें शान्ति मिलती हो, प्रसन्नता मिलती हो, उसका काम पूरा होता हो। उसके लिए ...
- प्यार क्या करते हैं?...? प्यार करते हैं, तो मूल्य दीजिये न। मजनू ने कहा मैं क्या दूँ? उन्होंने कहा डाक्टरों ने ये कहा है लैला...
- प्यार से प्यारा क्या है?...? मेरा बेटा है और कोई प्यारा नहीं है। पैसे तो थे नहीं। पुराने जमाने में पैसे कहाँ होते थे! इसलाम धर्म ...
- प्यार है आपके पास?...? भक्ति है आपके पास? नहीं है। अगर भक्ति और प्यार रहा होता तो आपने अपने माँ-बाप की सेवा की होती। बहन-भा...
- प्रकट कहाँ से होती है?...? हमारे और आपके मुँह से प्रकट होती हैं और माइक में से फैलती है। प्राण कैसा होना चाहिए? धुला हुआ और प...
- प्रकाश का अर्थ क्या हो सकता है?...? आदमी में प्रकाश तो नहीं है। आदमी कोई बत्ती नहीं है, बल्ब नहीं है, जो जलेगा। फिर यज्ञ का अनुसरण करने ...
- प्रकाश का अर्थ क्या हो सकता है?...? आदमी में प्रकाश तो नहीं है। आदमी कोई बत्ती नहीं है, बल्ब नहीं है, जो जलेगा। फिर यज्ञ का अनुसरण करने ...
- प्रकाश किसे कहते है?...? प्रकाश इसे कहते हैं, जो में आपसे निवेदन कर रहा था, जिससे कि मेरी आँखें खुल गई। अँधेरे में भटकता हुआ ...
- प्रकाश किसे कहते हैं?...? प्रकाश इसे कहते हैं, जो मैं आपसे निवेदन कर रहा था, जिससे कि मेरी आँखें खुल गईं। अँधेरे में भटकता हुआ...
- प्रकाश किसे कहते हैं?...? बेटे! व्यक्ति के आध्यात्मिक जीवन में प्रकाश का जहाँ कहीं भी इस्तेमाल किया गया है, ज्ञान के अर्थ में ...
- प्रकाश किसे कहते हैं?...? बेटे! व्यक्ति के आध्यात्मिक जीवन में प्रकाश का जहाँ कही भी इस्तेमाल किया गया है, ज्ञान के अर्थ में क...
- प्रकाश के सामने अन्धकार कैसे टिके?...? तथ्य के सम्मुख विडम्बना का आग्रह कब तक चले?
जो अपनी मौत आप मर रहा हो, उसके अनौचित्य के सन्दर्भ मे...
- प्रकाश क्या है?...? इसकी शिक्षाएँ क्या हैं? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बारे में किताब में छपवा रहे हैं। इसमें शिखा और स...
- प्रकाश देखता है कि चमक देखता है?...? चमक से क्या मतलब है? चमक से कोई मतलब नहीं है। अध्यात्म का चमक से कोई ताल्लुक नहीं है। चमक दिखाई ...
- प्रकृति का मुकाबला करने तक की शक्ति नहीं है और प्रकृति को अपने वश में करने की शक्ति कहाँ?...? ऐसा चिन्तन और ऐसा मन, ऐसी विशेषताएँ और ऐसी विभूतियाँ और ऐसी सिद्धियाँ जो मनुष्यों को मिली हैं, उसे म...
- प्रकृति कैसी है?...? यह तीन तत्त्वों के ऊपर टिकी हुई है, जिसके नाम हैं-सत, रज, तम। प्रकृति की यह तीन मूल अवस्थायें हैं।...
- प्रगति का मार्ग अवरुद्ध रहा तो हाथ पैर बँधे कैदी जैसी जिन्दगी जी लेने पर क्या मिला?...? अन्न वस्त्र तो उसे भी मिल जाता है।अध्यात्म क्षेत्र की संकीर्णता से तात्पर्य है-अपनेपन का दायरा छोटी ...
- प्रगति का मूल तथ्य क्या है?...? ३. सच्ची प्रगति क्या है? ४. भारत विदेशी शासकों से क्यों परास्त हुआ। ५. कामनाग्रस्त व्यक्ति अशक्त क्य...
- प्रगति किसे कहते हैं?...? २. प्रगति का मूल तथ्य क्या है? ३. सच्ची प्रगति क्या है? ४. भारत विदेशी शासकों से क्यों परास्त हुआ। ५...
- प्रगति के दूसरे भी अनेकानेक आधार हैं, पर वे हस्तगत कैसे हों, जबकि पिछड़ापन अपने गुण, कर्म, स्वभाव का अविच्छिन्न अंग बन गया हो?...? अच्छा होता, हमें ऐसे उत्साहवर्धक प्रगतिशील वातावरण में रहने का अवसर मिला होता अथवा जहाँ ऐसी प्रेरणाए...
- प्रचलन क्या है?...? इन सब बातों को ताक में रख कर इतना ही सोचना होगा कि इन समस्त अड़ंगेबाजी की तुलना में प्रकृति का अन...
- प्रचार माध्यम अब अपनी विश्वसनीयता खोते चले जा रहे हैं, क्योंकि उपदेष्टा ही कथन के ठीक विपरीत आचरण करें तो उसे क्या कहकर, किस प्रकार समझाया जाए?...? उसकी बात पर कोई क्यों और किस आधार पर, कितना विश्वास करे? उपाय एक ही शेष रह जाता है कि ऐसी प्रतिभाएँ ...
- प्रज्ञा किसको कहते हैं?...? गायत्री को। गायत्री मंत्र, जिसकी हम उपासना करते हैं और जिसका हम विस्तार करते हैं और जिसे हम फैलाना च...
- प्रज्ञा किसे कहते हैं?...? निष्ठा किसे कहते हैं। श्रद्धा किसे कहते हैं? गायत्री माता की कृपा क्या होती है? यह तीनों चीजें, ती...
- प्रज्ञा की देवी कौन है?...? गायत्री माता। गायत्री माता कौन है—प्रज्ञा। प्रज्ञा किसे कहते हैं—ऋतंभरा-प्रज्ञा को, दूरदृष्टि को, वि...
- प्रज्ञा परिजनों की जागृत आत्माएँ क्यों उस उत्तरदायित्व का वहन नहीं कर सकती?...? इतने महान प्रयोजन के लिए लोभ और व्यामोह की क्षुद्रता पर थोड़ा अंकुश क्यों नहीं लगा सकती? समय की समस्य...
- प्रज्ञा मन्दिरों से आप क्या करेंगे?...? प्रज्ञा मन्दिरों से बेटे हम वह काम करेंगे जो बहुत दिनों पहले मिशन के लिए यह घोषणा की थी कि हम नया समा...
- प्रज्ञा युग के कर्णधारों में सम्मिलित होकर महामानवों जैसी भूमिका निभाने का यदि साहस उभरे, तो कुछ समय रुककर यह सोचना चाहिए कि प्रस्तुत विचारणा और गतिविधियों में कुछ हेर-फेर करना है क्या?...? इस प्रश्न पर जितनी गम्भीरता पूर्वक पर्यवेक्षण किया जाय, उतना ही यह स्पष्ट होता जायेगा। भूल-भुलैयों क...
- प्रज्ञायोग कैसे करना चाहिए?...? प्रज्ञायोग का पहला चरण है कि आप चारपाई पर इसे करें, चारपाई पर पड़े हुए। जब सवेरे उठे़ तो उठने से पहल...
- प्रज्ञायोग कैसे करना चाहिए?...? प्रज्ञायोग का पहला चरण है कि आप चारपाई पर इसे करें; चारपाई पर पड़े हुए। जब सबेरे उठें, तो उठने से पहल...
- प्रज्ञायोग क्या है?...? प्रज्ञायोग में ज्ञान, कर्म और भक्ति की जिनको आप सरस्वती, लक्ष्मी, काली कहते हैं ये तीनों शक्तियाँ शा...
- प्रज्ञायोग क्या है?...? प्रज्ञायोग में ज्ञान, कर्म और भक्ति की, जिनको आप सरस्वती, लक्ष्मी, काली कहते हैं—ये तीनों शक्तियाँ श...
- प्रज्ञावतार किसे कहते हैं?...? जिसको निष्कलंक अवतार कहा गया है। कलंक से रहित। कल मैंने आपको बताया था कि दुनिया में एक ही ऋषि है और ...
- प्रज्ञावतार की माँग क्या है?...? आप कान खोल के उसी को सुनिए, और सुनने के बाद में पूरी हिम्मत के साथ में, पूरी वफादारी और जिम्मेदारी क...
- प्रज्ञावतार की माँग क्या है?...? आप कान खोलकर सुनिये और सुनने के बाद पूरी हिम्मत के साथ में और पूरी वफादारी और जिम्मेदारी के साथ में ...
- प्रज्ञावतार क्या है?...? कभी बताऊँगा, पर आज मैं कहता हूँ कि अब गायत्री माता विश्वमाता होने वाली है। भविष्यवाणी तो मैं नहीं कर...
- प्रज्ञावतार क्या है?...? कभी बताऊँगा, पर आज मैं कहता हूँ कि अब गायत्री माता विश्वमाता होने वाली हैं। भविष्यवाणी तो मैं नहीं क...
- प्रज्ञावान कौन होता है?...? किसान होता है। वह अभी नुकसान उठाता है और छह महीने बाद फायदा उठाता है। प्रज्ञावान विद्यार्थी होता है ...
- प्रतिच्छाया क्या है?...? बेटे! प्रतिच्छाया से मेरा मतलब यह है कि एक बड़ा-सा शीशा हो और उस शीशे के सामने आप खड़े हो जाइए तथा अ...
- प्रतिध्वनि से क्या मतलब है?...? प्रतिध्वनि से मेरा मतलब यह है कि गुंबद के नीचे खड़े होकर जब हम आवाज लगाते हैं तो ज्यों की त्यों आवाज...
- प्रतिबन्धित नारी भी अपने संरक्षकों के लिए किस प्रकार उपयोगी और लाभदायक सिद्ध हो सकती है?...? यदि नारी को उसके मौलिक मानवी अधिकार वापिस लौटा दिये जाय तो उसमें नर नहीं, अनाचार ही हारेगा। इस विजय ...
- प्रतिभा का जब तक परिष्कार नहीं होगा, तब तक कौन व्यक्ति किसके साथ बैठने वाला है?...? कोई क्यों बैठेगा?
सभ्यता और शालीनता आज हमारे यहाँ परिवारों से समाप्त होती जा रही है। हमारे समूचे ...
- प्रतिभा किसे कहते हैं?...? जिसमें आदमी हावी हो जाता है, दूसरों पर। गाँधी जी सारे समाज पर हावी हो गए थे, बुद्ध सारे के सारे जमान...
- प्रतिष्ठा किसकी स्थिर रहती है?...? ५. धन क्यों निन्दनीय है? ६. कायर किसे कहा जाना चाहिए? ७. ठगने वाला अधिक घाटे में कैसे रहता है? (८) ...
- प्रतीक क्या है?...? प्रतीक बेटे! एक स्वामी जी आए थे, बाबाजी आए थे। मीरा ने कहा—श्रीकृष्ण भगवान की भक्ति करना चाहती हूँ। ...
- प्रतीक पूजन किसे कहते हैं?...? प्रतीक पूजन में चावल चढ़ा दिया, अक्षत चढ़ा दिया, जल चढ़ा दिया, प्रतिमा को धूप, दीप नैवेद्य अर्पित क...
- प्रतीक मन्दिर से क्या हो जाएगा?...? मन्दिर से सब कुछ हो जाएगा—हवा फैलेगी, वातावरण बनेगा। हम हवा फैलाना चाहते हैं और वातावरण बनाना चाहते ह...
- प्रतीक मन्दिर से क्या हो जाएगा?...? मन्दिर से सब कुछ हो जाएगा-हवा फैलेगी, वातावरण बनेगा। हम हवा फैलाना चाहते हैं और वातावरण बनाना चाहते ह...
- प्रतीक मीरा को नहीं मिलता, पत्थर न मिलता तो?...? तो मुश्किल थी। एकलव्य को मिट्टी का खिलौना न मिलता तो? तो बेटे मुश्किल थी; क्योंकि भावना का सम्वर्द्धन...
- प्रतीकों का कई बार मजाक उड़ाता हूँ क्यों?...? प्रतीकों का मजाक मैं इसलिए उड़ाता हूँ कि प्रतीकों के बारे में मैं बार-बार गरम बात इसलिए कहने लगता हूँ...
- प्रतीकों की जरूरत है?...? प्रतीकों की भी जरूरत है; लेकिन प्रतीक मूल्यवान तब हो सकते हैं; प्रतीक सामर्थ्यवान तब हो सकते हैं, जब...
- प्रतीकों के पीछे न जाने क्या से क्या शिक्षण भरा हुआ पड़ा हैं?...? प्रतीक हमारी गीता की पुस्तक, हमारे मन्दिर में पत्थर की प्रतिमा। श्रद्धा आरोपित करके इन प्रतीकों को हम...
- प्रतीकों को आप क्या मानेंगे?...? प्रतीकों के बारे में ये मान्यता लेकर जाना ये भगवान् के नुमाइन्दे हैं। ये भगवान् हैं। कौन-से? देवता! ...
- प्रतीकों को क्या मानें?...? प्रतीकों को माने आप भगवान् की मूर्ति। आप यहाँ से समझें। प्रतीक का देव-पूजन। पूजन हमारे कर्मकाण्डों म...
- प्रतीकों में कोई कमाल है क्या?...? बेटे! प्रतीकों में कमाल नहीं है। उनकी श्रद्धा में कमाल है।एक स्वामी जी थे, वहाँ पर गंगाजी में पानी ब...
- प्रतीकों में कोई सामर्थ्य न हो तो?...? तो भी प्रतीकों को जिन्दा किया जा सकता है। किस तरीके से? जैसे मीरा ने कर लिया था। मीरा के पास क्या था...
- प्रत्यक्ष उदाहरणों के प्रेरणाप्रद माहौल सामने आए बिना समझा नहीं जा सकता कि विद्या क्या है व इसे कैसे जीवन में उतारा जाए?...? विभिन्न भाषाओं, सम्प्रदायों में बँटे ६०० करोड़ मनुष्यों को कैसे इस युगचेतना के प्रवाह से जोड़ा जाए, ...
- प्रत्यक्ष और परोक्ष रूप से यह देखें कि बालक किसके साथ उठता-बैठता है?...? किसके साथ शाला जाना पसन्द करता है? कहाँ रुचि लेता है? आदि।
- बालक के मित्रों के साथ शालीनता का व्यवहा...
- प्रत्यक्ष को प्रमाण क्या?...? हाथी को गधे जैसा लदते और सिंह तथा बन्दर को समान रूप से नाचते देखकर सहज ही अनुमान लगाया जा सकता है कि...
- प्रत्यक्ष व्यभिचार का तो कहना ही क्या?...? मानसिक कामुकता की कुकल्पनाएँ जिन पर छाई रहती हैं, उनका मस्तिष्क किन्हीं महत्त्वपूर्ण विचारणाओं को ...
- प्रत्यक्ष सेवा नहीं करेंगे?...? केवल मात्र ज्ञान ही सुनाते रहेंगे, उपदेश ही करते रहेंगे। केवल उपदेश! उपदेश केवल नहीं है। ज्ञान के सा...
- प्रत्येक आदमी को अपनी राष्ट्रीय जिम्मेदारियों के प्रति कैसे रहना चाहिए?...? अच्छा समाज बनाने के लिए गुण्डागर्दी तथा अन्य दूसरी बुराइयों के विरुद्ध कैसे खड़े होना चाहिए? यह शिक...
- प्रत्येक आदमी को अपनी राष्ट्रीय जिम्मेदारियों के प्रति कैसे रहना चाहिए?...? अच्छा समाज बनाने के लिए गुण्डागर्दी तथा अन्य दूसरी बुराइयों के विरुद्ध कैसे खड़े होना चाहिए? यह शिक्ष...
- प्रत्येक क्रिया के पीछे प्रेरणा है, प्रत्येक क्रिया के पीछे मार्गदर्शन है और प्रत्येक क्रिया के पीछे सूक्ष्म प्रक्रिया है, जो हमको सिखाती है कि हमारे जीवन की क्वालिटी कैसी रहनी चाहिए?...? क्वालिटी का एक उदाहरण मैं आपको बता सकता हूँ। देवताओं के सामने हम पूजा-पत्री का सामान रखते हैं। क्या-...
- प्रत्येक दफ्तर के बाहर क्या लिखा रहता है?...? ‘बिना आज्ञा के प्रवेश निषेध’। ‘नो एडमीशन’—बिना आज्ञा के प्रवेश मत कीजिए। एक शब्द और लिखा रहता है—‘नो...
- प्रत्येक देवता क्या ऐसी ही शक्ल का होता है?...? हाँ बेटे, अच्छी शक्ल के देवता होते हैं। आपके शंकर अलग हैं और हमारे शंकर अलग हैं जिनकी अभी हमने व...
- प्रत्येक बच्चे को इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि हमको अपने शरीर की रक्षा कैसे करनी चाहिए और बुरी आदतों से कैसे बचना चाहिए?...? सारे का सारा समय और मनोयोग हमको अध्ययन में लगाना चाहिए, पढ़ने में लगाना चाहिए।...
- प्रत्येक शिक्षित का इस युग में क्या कर्तव्य है?...? (७) साक्षरता प्रसार आन्दोलन कैसे चलाया जाय? (८) जनसाधारण में शिक्षा का महत्त्व प्रतिष्ठापित करने हेत...
- प्रथा परम्पराओं में समानता हो, तो क्यों कोई किसी को अपने से पृथक माने?...? क्यों चिढ़ाये? क्यों नीचा दिखाये? और क्यों अपनी मान्यता के गुण गायें? अगले दिनों साम्यवाद मात्र आ...
- प्रबल पुरुषार्थ के अभाव में सफलताएँ कब किसको मिल सकी हैं?...? साहस भरा पुरुषार्थ करने योग्य मनःस्थिति बनने के लिए प्रोत्साहन की आवश्यकता है। प्रोत्साहन दूसरों के ...
- प्रबल पुरुषार्थ के अभाव में सफलताएँ कब किसको मिल सकी हैं?...? साहस भरा पुरुषार्थ करने योग्य मन:स्थिति बनने के लिए प्रोत्साहन की आवश्यकता है। प्रोत्साहन दूसरों के ...
- प्रभाव डालने की क्षमता है कि नहीं?...? और लोगों को हिला देने वाली और लोगों का पैसा जेब में से निकाल देने वाली कशिश है कि नहीं, मैं देखू...
- प्रभाव डालने की हमारी यह शक्ति कहाँ खर्च हुई?...? हमारी सारी की सारी यह शक्ति शरीर के लिए खर्च हुई। इतना सब करने के पश्चात् भी हम देखते हैं कि हमा...
- प्रभावित कौन सी चीज करती है?...? जब हम उसके साथ द्वेष भाव, कटुता से बोलते हैं अथवा उसके बताए मार्ग पर नहीं चलते। जब रामकृष्ण परमहंस ज...
- प्रभावित कौन-सी चीज करती है?...? जब हम उसके साथ द्वेष भाव, कटुता से बोलते हैं अथवा उसके बताए मार्ग पर नहीं चलते।
जब रामकृष्ण परमहंस...
- प्रमाण माँगता है?...? तो देख!’ उन्होंने एक मोटी इतिहास की पुस्तक आगे की। (वह इतिहास अभी लिखा नहीं गया है, पूज्य गुरुदेव ने...
- प्रमुख प्रश्न एक ही है कि इन्हें हँसता-हँसाता, खिलता-खिलाता देखने का आनन्द कैसे मिले?...? अब तक भेंट, परामर्श, सत्संग, सान्निध्य से भी इस भाव सम्वेदना की तुष्टि होती थी, पर अब तो नियति ने वह...
- प्रमोशन की कीमत पर सारा काम करना चाहता है, चालाक कहीं का?...? मित्रो! आद्य शंकराचार्य को भगंदर का फोड़ा था, फिर भी वे बराबर काम करते रहे। बिनोवा भावे के पेट में ...
- प्रयोग न करने पर लाभ न मिले तो इसका दोष औषधि पर कहाँ आता है?...? भारतीय संस्कृति में समाज व्यवस्था को चार भागों में बाँटा गया है और व्यक्तिगत जीवन के चार विभाजन कि...
- प्रयोग में केवल सावित्री काम आती है और गायत्री?...? गायत्री किस काम आती है? गायत्री ब्रह्मविद्या है। चिन्तन जिसको कहते हैं, फिलॉसफी जिसको कहते हैं, विचार...
- प्रयोग में केवल सावित्री काम आती है और गायत्री?...? गायत्री किस काम आती है? गायत्री ब्रह्मविद्या है। चिन्तन जिसको कहते हैं, फिलॉसफी जिसको कहते हैं, विचार...
- प्रयोगशाला होनी चाहिए ना?...? तैरने के लिए तालाब होना चाहिए ना? पढ़ने के लिए कोई विद्यालय होना चाहिए ना? कोई भी काम सीखने के लिए, क...
- प्रलय हो सकती है?...? हाँ, प्रलय तो होगी। कैसे होगी? परशुराम जी ने जैसे कुल्हाड़े से बददिमाग लोगों के सिर काट डाले थे, वैसी...
- प्रवचन करते-करते ही अचानक उनका चेहरा गुस्से से लाल हो गया व कहने लगे-नहीं मानती, नहीं मानती, देखता हूँ कैसे नहीं मानती?...? बन्द करना पड़ेगा। आदि-आदि।
राजस्थान के कोटा जिले के बूँदी तहसील में इन्द्रगढ़ देवी का मन्दिर है। उन दिन...
- प्रशंसा के लिए कितना प्यासा है आदमी, कहाँ से कहाँ मारा-मारा डोलता है?...? प्रशंसा के लिए जाने क्या-क्या करता है? कोई कपड़े पहनता है, कोई फैशन बनाता है, कोई मकान बनाता है, कोई ...
- प्रशंसा के लिए कितना प्यासा है, आदमी, कहाँ से कहाँ मारा-मारा डोलता है?...? प्रशंसा के लिए जाने क्या-क्या करता है? कोई कपड़े पहनता है कोई फैशन बनाता है, कोई मकान बनाता है, कोई ...
- प्रशंसा के लिए जाने क्या-क्या करता है?...? कोई कपड़े पहनता है कोई फैशन बनाता है, कोई मकान बनाता है, कोई विवाह-शादियों में धूम-धड़ाका मचाता है, क...
- प्रशंसा के लिए जाने क्या-क्या करता है?...? कोई कपड़े पहनता है, कोई फैशन बनाता है, कोई मकान बनाता है, कोई ब्याह-शादियों में धूम-धड़ाका मचाता है, क...
- प्रश्न इस बात का नहीं वरन इस बात का है किसने, किस प्रकार कमाया?...? ठीक इसी प्रकार का यह भी प्रश्न है कि जो उपलब्ध था उसे किसने किस प्रकार, किन प्रयोजनों में खरच किया?स...
- प्रश्न उठ खड़ा हुआ कि इस यज्ञ का संचालन कौन करे?...? उस समय सारे विद्वानों ने एक स्वर से मनु की पुत्री इला को प्रमुख आचार्य घोषित किया। उन्हीं ने इतना बड...
- प्रश्न उठता है कि अगर मन न माने तब?...? तब फिर अपने खाने में और सोने में किफायत कर डालिए। इतने पर भी यदि मन नहीं माना और आप जहाँ सोचना नहीं ...
- प्रश्न उठता है कि नारी को इस तरह सताने से नर को क्या लाभ मिला?...? उसे असहाय बनाकर किसने, क्या पाया? घर-परिवार के लोगों को इससे क्या सुविधा बढ़ी? पति को उससे क्या सहयो...
- प्रश्न एक ही रह जाता है कि इसे करे कौन?...? इसका उत्तर पाने के लिए भी जिस-तिस की मनुहार करने की आवश्यकता नहीं। कार्तिक अमावस्या की तमिस्रा दूर क...
- प्रश्न एक ही है कि प्रवाह को बदले कौन?...? अँधेरे को प्रकाश में बदलने के लिए दीपक की तरह जले कौन? भीरुता के असमंजस में खड़े हुए लोगों को मार्ग...
- प्रश्न एक ही है कि वर्तमान अनास्था को उदात्त भाव श्रद्धा में पारित कैसे किया जाये?...? इस सन्दर्भ में उत्तर तो कई दिये जा सकते हैं, पर प्रामाणिक प्रतिपादन आस्तिकता की भाव श्रद्धा का उन्नय...
- प्रश्न के उत्तर में एक पूरक प्रश्न यह उत्पन्न होता है कि क्या नहीं हो रहा है?...? और ऐसे क्या अनुपयुक्त हो रहा है, जिसे नहीं सोचा या नहीं किया जाना चाहिए था।...
- प्रश्न केवल यह नहीं कि क्रियाशील भी निठल्ले न बन जाएँ?...? समस्या यह है कि हर सदस्य का खाली समय किस प्रकार रचनात्मक काम में लगाया जाए। इससे परिवार का स्तर तथा ...
- प्रश्न यह था कि एक समय में क्या दो भगवान् हो सकते हैं?...? हाँ हो सकते हैं। दोनों में लड़ाई-झगड़ा होने लगा कि असली भगवान् कौन है तथा नकली भगवान कौन है? आप और ह...
- प्रश्न यह है कि हमारी मौलिक आवश्यकताएँ पूरी होती हैं कि नहीं होती?...? हाँ, बेटे, हरेक की मौलिक आवश्यकताएँ पूरी हो जाती हैं। अगर हम मौलिक आवश्यकताओं पर विचार करें कि हमारे...
- प्रश्न है—साधना किसकी की जाय?...? उत्तर है—जीवन को ही देवता मानकर चला जाय। यह इस हाथ दे, उस हाथ ले का क्रम है। इसी आधार पर आत्मसन्तोष,...
- प्रसन्न होकर फिर वे क्या करेंगे?...? आपसे कहेंगे मनोकामना माँगिए। फिर आप क्या माँगेंगे? पैसा माँगिए, रुपया माँगिए, बेटा माँगिए, औलाद माँग...
- प्रसव का प्राणान्तक कष्ट क्यों स्वीकार करे?...? उनके लिए अपने खाने-पीने से लेकर घूमने-फिरने तक पर क्यों बन्धन नियंत्रण लगाए? यदि बच्चों से खिलौने की...
- प्रसव सहायता और गर्भाशयों की शल्य क्रिया कैसे सम्भव होती?...? संकोच वहाँ उचित है जहाँ कुत्साएँ भड़कने की आशंका हो। प्रतिबन्ध पशुता भड़काने वाली अश्लीलता, कामुकता, व...
- प्रस्तुत हलचलों में से यह ढूँढ निकालना कठिन है कि इससे पीछे आदर्शों के लिए भी कहीं कोई स्थान रहा है या नहीं?...? जो हो रहा है उसे व्यर्थ ही नहीं अनर्थ भी कहा जा सकता है। सार्थक तो आदर्श भरा पुरुषार्थ ही हो सकत...
- प्रह्लाद का किस्सा आपको मालूम है न?...? पार्वती का किस्सा मालूम है न? उन्होंने भगवान की नाक में दम कर दिया था। शंकर भगवान कहते थे कि और सब त...
- प्रह्लाद का नाम जानते हैं न, अगर वह अपने दैत्य बाप के कहने पर चला होता और पुरानी परम्परा पर चला होता तो सिवाय दैत्य के क्या हो सकता था?...? बाप-दादे जो काम करते थे, वही काम प्रह्लाद भी करता, परन्तु प्रह्लाद ने अपने आप को बदल दिया। इसी तरह गु...
- प्रह्लाद का नाम जानते हैं न?...? अगर वह अपने दैत्य बाप के कहने पर चला होता और पुरानी परम्परा पर चला होता, तो सिवाय दैत्य के क्या हो स...
- प्रह्लाद की बात आपको मालूम नहीं है?...? प्रह्लाद ने अपने पिता से प्यार-मोहब्बत की। लेकिन उसने उनका कहना नहीं माना और उनसे बराबर जद्दोजहद करत...
- प्रह्लाद के बारे में भी यही है कि नारद की प्रेरणा से उन्होंने अपनी गतिविधियाँ बदल दीं और कितने ही लोग हैं?...? भगवान् बुद्ध के बारे में भी यही बात आती है कि आम्रपाली से उन्होंने कहा कि तुम अपना जीवन बदल दो, बदल ...
- प्राकृतिक क्या है?...? बेल का पत्ता। बेल का पत्ता आप भी खाइये और आपका बैल भी गायेगा। दवाई के लिए आक का फूल खायें और धतूरे...
- प्राची कौन है?...? प्राची भारतीय संस्कृति है। भारतीय संस्कृति की किरणें हैं-आप आप हिन्दुस्तान में हो तो क्या, हिन्दुस...
- प्राचीन काल की परम्पराओं में मैं आपको एक से बढ़कर एक बेहतरीन उदाहरण देता हुआ चला जा सकता हूँ, जिससे मालूम पड़े कि आध्यात्मिकता की ताकत क्या है?...? मैं आपसे सांसारिक जीवन की, भौतिक जीवन की बात कह रहा हूँ। शान्ति की बात मैं नहीं कह सकता। हनुमान जी को...
- प्राचीनकाल के सन्त महात्मा गुफा में घुस जाते थे, कोठरियों में रहते थे, एकान्तसेवन करते थे, क्यों?...? क्योंकि उनके बाहर का, चारों ओर का जंजाल, जिसने उनको बुरी तरह से चक्रव्यूह में फँसे हुए अभिमन्यु के त...
- प्राचीनकाल में कला का उपयोग किसलिए किया जाता था?...? (४) किन कला प्रयासों को सार्थक कहा जा सकता है? (५) मनोरंजन की सुरुचिपूर्ण योजनाएँ किस प्रकार चलाई जा...
- प्राचीनकाल में क्या-क्या नाम थे उनके बताइए?...? चलिए आपको नाम बता देता हूँ—आपने सत्यवान का नाम सुना होगा। मौत उसके नजदीक आ गई थी और कह रही थी कि भाई...
- प्राचीनकाल में तीर्थ जब अपने वास्तविक स्वरूप में रहे होंगे, तब कितना आनन्द आता होगा?...? वहाँ जाने के बाद लोग अपने कलुष और कषायों को धो करके, पुनीत और पवित्र होकर कैसे निकलते होंगे? गंगा के...
- प्राचीनकाल में प्रत्येक बच्चे के लिए यही था और आध्यात्मिक जीवन में?...? आध्यात्मिक जीवन में प्रवेश करने वाले को भी यही करना पड़ता था। आरण्यक जितने बने हुए थे, वो ढलती अवस्था...
- प्राचीनकाल से क्या मतलब और नए जमाने से क्या मतलब?...? जमाने से कोई फर्क नहीं पड़ता। प्रकृति के सिद्धान्तों में, भगवान के सिद्धान्तों में समय बदल जाने से को...
- प्राण कहाँ से आता है?...? शक्ति कहाँ से आती है? सामर्थ्य कहाँ से आती है? सामर्थ्य आदमी के भीतर से निकलती है। आदमी की जो उच्चस्...
- प्राण किसे कहते हैं?...? प्राण हिम्मत को कहते हैं। आप में हिम्मत है? बेटे, हमारे अन्दर बहुत हिम्मत है। हमारे अन्दर इतनी हिम्म...
- प्राण किसे कहते हैं?...? प्राण कहते हैं, बेटे! हिम्मत को, प्राण कहते हैं, जीवट को और प्राण कहते हैं, साहस को। दुनिया में जितन...
- प्राण किसे कहते हैं?...? प्राण उसे कहते हैं, जिसमें हमें अपनी चेतना का परिमार्जन करना पड़ता है और चेतना को साफ करना पड़ता है।...
- प्राण किसे कहते हैं?...? प्राण कहते हैं बेटे हिम्मत को, प्राण कहते हैं जीवट को और प्राण कहते हैं साहस को। दुनिया में जितने भी...
- प्राण किसे कहते हैं?...? प्राण उसे कहते हैं जिसमें हमें अपनी चेतना का परिमार्जन करना पड़ता है और चेतना को साफ करना पड़ता है।...
- प्राण किसे कहते हैं?...? मीरा की इच्छा थी कि भगवान को पाएँगे और भगवान का साक्षात्कार करेंगे; भगवान को साथ-साथ खिलाएँगे और इस ...
- प्राण कैसा होना चाहिए?...? धुला हुआ और परिष्कृत प्राण होगा, तो उससे निकलने वाला मंत्र भी शक्तिशाली होगा, चमत्कारी होगा। मित...
- प्राण कैसे बैठा हुआ है?...? प्राण बेटे ऐसा है, जैसे हवा होती है, जैसे रोशनी होती है, चमक होती है, इसके भीतर प्राण भी उसी तरह बैठ...
- प्राण को समझते हैं?...? प्राण किसे कहते हैं?मीरा की इच्छा थी कि भगवान को पाएँगे और भगवान का साक्षात्कार करेंगे; भगवान को साथ...
- प्राण क्या है?...? चमत्कार क्या है? उसके माध्यम से अभी जो उदाहरण दे चुका हूँ, वह लाभ हो सकते हैं। वही वास्तविक लाभ हैं।...
- प्राण क्या होता है?...? प्राण वह तत्त्व है, जो कि पानी के साथ में शामिल होकर जब जमीन पर बरसता है तो घास मजबूत होती है, अनाज ...
- प्राण क्या होता है?...? बेटे! इसी को प्राण कहते हैं, जिसका नाम है—साहस और हिम्मत। मैंने आपको बताया था कि हमारा प्राणमयकोश ही...
- प्राण न निकले तो?...? फिर भी साहस करके दो-चार बीज खा ही डाले, लेकिन उनसे क्या होता था। मौत से वह डर गया और उसने मरने का वि...
- प्राण भी मालूम है?...? उन्हें प्राण का आशय क्या है? प्राण को समझते हैं? प्राण किसे कहते हैं?मीरा की इच्छा थी कि भगवान को पा...
- प्राण-प्रतिष्ठा करने के बाद क्या हो जाता है?...? फिर वो मूर्ति जीवन्त हो जाती है। देवताओं के तरीके से उसका भोजन का प्रबन्ध करना पड़ता है, आरती का ...
- प्राणमय कोश का जागरण कैसे किया जाता है?...? प्राणमय कोश की विधियाँ क्या हैं? बेटे, मैं सब बता दूँगा। हम ऐसी विधियाँ बता देंगे, जिनसे फायदा हो सक...
- प्राणमय कोश की विधियाँ क्या हैं?...? बेटे, मैं सब बता दूँगा। हम ऐसी विधियाँ बता देंगे, जिनसे फायदा हो सकता है। लेकिन ध्यान रखना, केवल कर्...
- प्राणमय कोश क्या होता है?...? प्राणमय कोश का साइंटिफिक रीजन मैं फिर बताऊँगा। यह हमारा भीतरी शरीर है। इन शरीरों को कैसे जाग्रत करना...
- प्राणवान न होते तब, आप क्यों आ पाते?...? कष्ट कैसे उठा पाते? हर आदमी तो माल मारने के लिए, भगवान् जी के मन्दिरों में फोकट का प्रसाद पाने के लि...
- प्राणशक्ति का, ऊर्जा का अनुभव नहीं होना चाहिए?...? यह अनुभव होना चाहिए, जो गुरुजी को हुआ है। जिनके गुरु कहाँ हैं? उनकी प्रेरणा ही तो आती है, उनकी छाया ...
- प्राणायाम कैसे करना चाहिए?...? माला कैसे घुमाना चाहिए? हवन और आरती कैसे करना चाहिए, आदि क्या हैं? ये हैं हलचलें। कर्मकाण्डों मे...
- प्राणायाम क्या है?...? एक ध्यान है। प्राणायाम में पाँच तत्त्वों में ध्यान-ही-ध्यान करते रहिए। जब हम साँस भीतर खींचते हैं तो...
- प्राणायाम क्या है?...? एक ध्यान है। प्राणायाम में पाँच तत्त्वों में ध्यान ही ध्यान करते रहिए। जब हम साँस भीतर खींचते हैं तो...
- प्राणायाम नहीं किया होगा?...? बेटे किया होगा। लेकिन सबसे प्यारे भगवान के भक्त हनुमान जी की उपासना, उनके जीवन की पुस्तक को खोलकर आप...
- प्राणायाम नहीं किया होगा?...? बेटे किया होगा। लेकिन सबसे प्यारे भगवान के भक्त हनुमान जी की उपासना, उनके जीवन की पुस्तक को खोलकर आप...
- प्राणायाम में क्या बात होती है?...? प्राणायाम में दो प्रक्रियाएँ होती हैं—एक हम साँस को अन्दर खींचते हैं और दूसरी बाहर फेंकते रहते हैं। ए...
- प्राणायाम में क्या बात होती है?...? प्राणायाम में दो प्रक्रियाएँ होती हैं-एक हम साँस को अन्दर खींचते हैं और दूसरी बाहर फेंकते रहते हैं। ए...
- प्राणियों का उत्पादक परमात्मा है, पर जीव को अपने ही समतुल्य नया जीव बनाते देखा जाता है तो जी चाहता है कि उसे भी सृष्टा कहा जाय?...? अपने शरीर में से अपने जैसे नए नए शरीर बनाकर खड़े करते जाना अनोखे किस्म का जादू है। जादूगर अपनी झोली, ...
- प्रात: काल से ही जहाँ भोजनालय का कार्य आरम्भ होता है, प्रश्न खड़ा होता है कि आज क्या पकाया जाय?...? बस स्वाद के ख्याल से एक पर एक वस्तुओं की होड़ लगना प्रारम्भ होता है। साग-सब्जियाँ, रोटी-पूड़ी, पराँव...
- प्रातःकाल के समय पर प्रातःकाल का सूरज आपने देखा है न?...? गायत्री का सूरज इसे ही मानना चाहिए। यूनीवर्सल है यह। गायत्री माता का जो आपने चित्र रखा है, वह तो आप ...
- प्रातःकाल पूरे दिन की दिनचर्या निर्धारित कर लेनी चाहिए और सोच लेना चाहिए कि उस दिन भर की क्रिया पद्धति में कहाँ कब कैसे अवांछनीय चिन्तन का अवांछनीय कृति का अवसर आ सकता है?...? उस आशंका के स्थल का पहले ही उपाय सोच लिया जाय, रास्ता निकाल लिया जाय तो समय पर उस निर्णय की याद आ जा...
- प्रातःकालीन सूरज से आपका क्या मतलब है?...? बेटे, प्रातःकालीन सूरज से हमारा मतलब यह है कि प्रातःकालीन सूरज जिस तरीके से एक नयी उमंगें, नयी हलच...
- प्रायः इस बात को लेकर झगड़ा होने लगा कि मैं ब्राह्मण के मना करने पर भी गायत्री मंत्र लेखन क्यों कर रहा हूँ?...? जब मैं किसी प्रकार नहीं माना तो उन्होंने मुझे घर से निकाल दिया। मैं पत्नी बच्चे को लेकर घर से निकल ग...
- प्रायश्चित कैसे होगा?...? इसके लिए आपको घटनाएँ सुनाता हूँ। आम्रपाली ने सैकड़ों आदमियों की जिन्दगियाँ खराब कीं, कुमार्ग पर चलाया...
- प्रारम्भ कैसे हो?...? यह प्रश्न उठने पर अधिकांश लोग शिक्षा नीति और शिक्षणतंत्र को कोसकर अपनी बात समाप्त कर देते हैं। इससे ...
- प्रियजनों की मृत्यु, असफलता, अपमान, धनहानि, आक्रमण, उत्पीड़न जैसे प्रसंगों पर भी कुछ कम दुःख होता है?...? शारीरिक और मानसिक कष्ट इस संसार में भी कम नहीं हैं। कर्मफल के अनुरूप यदि कुछ त्रास मिलते हों तो वे य...
- प्रेत-पिशाचों में क्या फर्क होता है?...? बेटे, एक ही होता है, हर भूत के मन की ये बनावट होती है कि न वह किसी का और न कोई उसका। तो महाराज जी!...
- प्रेत-पिशाचों में क्या फर्क होता है?...? बेटे, एक ही होता है, हर भूत के मन की ये बनावट होती है कि न वह किसी का और न कोई उसका। तो महाराज जी! आ...
- प्रेम किसे कहते हैं?...? बेटा, प्रेम तो चला गया, प्रेम तो दुनिया में रहा ही नहीं, श्रद्धा तो है ही नहीं, सहयोग तो रहा ही नहीं...
- प्रेम की शिक्षा दी जा सकती है, लेकिन जो आदमी भूखों मर रहा है, उस भूखे मरने वाले को आप ज्ञान की, ध्यान की और त्याग की शिक्षा कैसे दे सकते हैं?...? और वैराग्य की शिक्षा कैसे दे सकते हैं?स्वामी विवेकानन्द ने कहा कि हिन्दुस्तान ने अध्यात्म का पहला पा...
- प्रेम के व्यापार में घाटा किसी को नहीं रहता, फिर हमें ही नुकसान क्यों उठाना पड़ता?...? नुकसान एक ही रहा है कि सोचने में न आया, स्नेह का तन्तु जितना मधुर है, वियोग की घड़ियों में वह उतना ह...
- प्रेम दिया है किसी को?...? सहायता दी है? श्रद्धा दी है? समाज को कुछ दिया है? दे करके देखिये और यह पाइये कि कितना ज्यादा सन्तोष...
- प्रेम, बाहरी जीवन का प्रेय, जो देखने के समय तत्काल हमको ऐसा मालूम पड़ता है कि शायद यह बड़ा मजेदार है, लेकिन क्या वह सचमुच मजेदार है?...? नहीं, मजेदार नहीं है। वह हमको नरक की ओर घसीटकर ले जाने वाला है। हमारे दिमाग में भी एक बात है...
- प्रेरणा का सूत्र टूट गया तथा अपना निज का कोई गहरा स्तर था नहीं फिर उनके पैर भौतिक बाधाओं के झकझोरे में कब तक टिके रहते?...? इसलिए हम बारीकी से देखते रहते हैं कि सामने बैठा हुआ लम्बी-चौड़ी बातें बनाने वाला व्यक्ति हमारी विचार...
- प्रेरणा को समझता नहीं है?...? हिसाब को समझता नहीं है? बस, वही ‘राम नाम जपना पराया माल अपना’। यही भजन सुन रखा है बाजीगरों से। बाजीग...
- प्रेरणा क्या है?...? शिक्षा क्या है? स्थूल शरीर से आप प्रतीकों का पूजन करेंगे, चावल चढ़ाएँ, हाथ जोड़ें, नमस्कार करें, माला ...
- प्रेरणाएँ बताएँगे ताकि आप यह जान पाएँ कि हम अपने जीवन का परिष्कार करके किस तरीके से भगवान को पा सकते हैं?...? मित्रो! आध्यात्मिकता का यह एक ही उद्देश्य है। गायत्री उपासना का भी एक ही उद्देश्य है। गायत्री उपासना...
- प्रोत्साहन और सहयोग कहाँ से मिलेगा?...? ऐसे सभी लोगों तक सन्देश पहुँचा दिया गया है कि सूक्ष्म स्तर की गतिविधियाँ अपना लेने पर भी हम अपने प्र...
- प्रोत्साहन की कीमत नहीं समझते आप?...? परामर्शों की कीमत नहीं समझते? सलाह-मशवरे की कीमत नहीं समझते? आप बहुत कुछ दे सकते हैं, वही दीजिये।यहा...
- प्रोफेसर किससे काम करते हैं?...? साइंटिस्ट किससे काम करते हैं? व्यापारी किससे काम करते हैं? अकल से वे मालदार हो गये। शरीर से मालदार ...
- प्लास्टिक की जीभ और दाँत लगा लूँगा, तो फिर मैं मंत्र कैसे बोलूँगा?...? देख ले बेटे! यह तेरी मरजी की बात है। स्नान करना चाहता हो तो इससे कम में नहीं हो सकता। चमड़ी के स्नान ...
- पड़ाव कहाँ पड़ेगा?...? शान्तिकुञ्ज में। कितने दिन रहेंगे? दस दिन रहेंगे। पड़ाव में खूब मजा आएगा। वहाँ सस्ता भोजन मिलता है। ठ...
- पड़ोस वाले देशों के नागरिक बोले—फ्रान्स के ये नागरिक जो अमीर कहलाते थे, पेरिस दुनिया का स्वर्ग कहा जाता था किसी जमाने में, आज उस पेरिस के नागरिक अपनी देश की रक्षा करने के लिए पूरी हिम्मत और जोश से—ताकत से क्यों नहीं लड़े?...? जबकि रूस वालों ने, ब्रिटेनवासियों ने एक-एक इंच की लड़ाई लड़ी। ऐसा क्या कारण हो सकता है, जो उनकी पराजय ...
- पड़ोसी ने क्या बिगाड़ा है?...? बेटे को क्यों दे दें? बेटा क्या है आपका? आँखों से अन्धा है? गूँगा है? लूला है? लँगड़ा है? क्या बात है...
- पढ़-लिखकर लड़कियाँ बुरी हो जाती हैं, उन्हें कोई नौकरी करनी है?...? सयानी लड़की को घर से बाहर नहीं जाने देना चाहिए आदि प्रतिपादन लोग बड़ी शान के साथ करते हैं। शिक्षा मनुष...
- पढ़ने का उद्देश्य क्या है?...? उद्देश्य पहले बताया जाता है और उसका प्रयोग पीछे पढ़ाया जाता है। क, ख, ग पीछे पढ़ाया जाता है, पहले यह ब...
- पढ़ने की वजह क्या है?...? मित्रो! सत्संग की कोई वजह भी तो होनी चाहिए। आप किसके लिए सत्संग करेंगे। नहीं साहब! सत्संग करूँगा। ...
- पढ़ने के लिए कोई विद्यालय होना चाहिए ना?...? कोई भी काम सीखने के लिए, कोई भी काम करने के लिए प्रयोगशाला की आवश्यकता पड़ती है। इसके बिना कोई बात सी...
- पढ़ने में क्या-क्या पढ़ा?...? भारतीय धर्म और संस्कृति में जो कुछ भी है वह सब पढ़ा। वेद पढ़े, आरण्यक पढ़ीं, उपनिषदें पढ़ीं, दर्शन पढ़े औ...
- पढ़ने वाले की क्या मनोदशा होती होगी?...? मन कितना आह्लादित हो जाता होगा? सहज ही कल्पना कर सकते हैं।सन् 1971 में पूज्य गुरुदेव साधना हेतु हिमा...
- पढ़ने से और सुनने से क्या हो सकता है?...? हमारे और आपके बीच में एक ऐसी कशिश है, जो हमको और आपको जोड़े हुए है। और मैं समझता हूँ कि जब तक हम ...
- पढ़ने से क्या फायदा?...? जिसकी आँखें पास की हैं वह कहता है, हाँ- हाँ किताब देखना बेकार है, दिमाग खराब करती है। चलो आज तो ...
- पढ़ा नहीं है?...? आप सब जानते हैं। क्या इसका कोई विरोधी नहीं होना चाहिए? कोई इसकी देखभाल नहीं होनी चाहिए? कोई इसको दूर...
- पढ़ाई में अच्छे अंक कैसे लाएँ?...?
इसके लिए एक कार्यशाला सम्पन्न की गई। कार्यशाला में विद्यार्थियों के कुल बारह ग्रुप बनाये गये थे।...
- पढ़ी होगी तो जानते होंगे कि फिर क्या हुआ था?...? राजकुमारी से विवाह करने के बाद सत्यवान के जीवन में एक वक्त ऐसा भी आया था, जब यमराज आए थे और सत्यवान ...
- पढ़ी होगी तो जानते होंगे कि फिर क्या हुआ था?...? राजकुमारी से विवाह करने के बाद सत्यवान के जीवन में एक वक्त ऐसा भी आया था जब यमराज आए थे और सत्यवान क...
- पढ़े आदमी रहे होते तो अकल नहीं होती क्या?...? जिन्दगी के बारे में कुछ समझ नहीं होती क्या, जिन्दगी के बारे में जरा भी समझ नहीं है इनको। बिना पढ़ा-लि...
- पढ़े-लिखे लोगों में जाइए और उनसे जानिए कि धर्म क्या है?...? तो वे यही कहेंगे कि धर्म याने अफीम की गोली, जिसको खाकर के आदमी मदहोश हो जाता है। कर्तव्यों को भूल जा...
- फटे हुए कपड़े पहनकर कैसे जाएँगे?...? " इसलिए वे पास वाली एक झाड़ी में जाकर छिप गए और सोचा कि शाम को अँधेरा हो जाएगा, तब हम अपनी कुटिया मे...
- फरक क्या होता है?...? फरक यह होता है कि उसके पास शरीर नहीं होता। शरीर न होने की वजह से इच्छाएँ भी होती हैं, कामनाएँ भी होत...
- फरहाद ने कितने लम्बे पहाड़ को काटकर कितनी लम्बी नहर ला दी थी?...? फरहाद का नाम इतिहास का उदाहरण हुआ और हनुमान पुराणों के हुए। आल्पस पहाड़ को किसने उठा लिया था? नेपोलिय...
- फर्क ये है—इसकी समझ में यह आ गया कि मैं हिन्दुस्तान का रहने वाला हूँ और मेरा हिन्दुस्तान से ही काम है और मैं असली में हिन्दुस्तान का निवासी हूँ और यहाँ?...? मैं तो थोड़े दिन के लिए रुपया कमाने के लिए आया हूँ, टेम्प्रेरी हूँ, यहाँ से जो कुछ पल्ले पड़े लूट-खसोट...
- फर्ज और कर्तव्य पालन करने का अगर आपका मन होगा, मरजी होगी, तब फिर क्या होगा?...? फिर आपको मजा आ जाएगा। और क्या होगा? बहुत कुछ हो जाएगा। फिर आपको अपने फर्ज से कोई रोक नहीं सकता। आप अ...
- फर्ज और कर्तव्यपालन करने का अगर आपका मन होगा, मरजी होगी, तब फिर क्या होगा?...? फिर आपको मजा आ जाएगा। और क्या होगा? बहुत कुछ हो जाएगा। फिर आपको अपने फर्ज से कोई रोक नहीं सकता। आप अ...
- फर्स्ट क्लास में तीन गुना किराया लगता था, कौन इतना किराया देता?...? पहले जमाने की अपेक्षा अब तो मुझे मालूम नहीं क्या लगता है? पहले थर्ड क्लास की तुलना में फर्स्ट क्लास ...
- फर्स्ट डिवीजन ले आएँगे?...? अगर आपका यह ख्याल है, तो गलत है। अगर आप फाउंटेनपेन की महत्ता मानेंगे तो मैं कहूँगा कि आपकी बात गलत ह...
- फर्स्ट वर्ल्ड वार हुआ, सेकण्ड वर्ल्ड वार हुआ, लेकिन उसके बाद माहौल में गरमी इतनी अधिक बढ़ी-चढ़ी थी, स्वार्थ इतने बढ़े हुए थे कि अगर एटॉमिक हथियार हाथ में न आए होते तो आज तक न जाने कितनी लड़ाइयाँ हो चुकी होतीं और हर जगह न जाने क्या-क्या मुसीबतें आ गई होतीं?...? ताप ने, एटम की शक्ति ने रोक दिया मनुष्य को कि लड़ना मत। जो कोई भी लड़ेगा, मारा जाएगा। छोटे-मोटे हमले ल...
- फर्ज़ और कर्तव्य का पालन करने का अगर आपका मन होगा और मर्जी होगी, तब फिर क्या हो जाएगा?...? फिर मजा हो जाएगा। फिर क्या हो जाएगा? फिर बहुत कुछ हो जाएगा, बहुत कुछ हो जाएगा, अपने फर्ज, फर्ज में क...
- फल मिला या नहीं?...? हम नहीं जानते कि फल क्या मिलेगा या क्या नहीं मिलेगा? बहुत से आदमी दुनिया में ऐसे हुए हैं, जिन्होंन...
- फला-फूला नहीं तो बोने का लाभ क्या रह गया?...? हमको जो अच्छे विचार और श्रेष्ठ विचार और जीवन को ऊँचा उठाने वाले विचार लोगों में विस्तृत करने चाहिए औ...
- फलाने स्वामी जी ने कौन से वेद का भाषण किया था और उसके बारे में क्या कहा था?...? उसका मंत्र क्या होता है? ब्रह्म क्या होता है? जीव क्या होता है? नहीं साहब! हम दिमाग का शिक्षण करें...
- फसल के लिए जमीन न हो, तो कैसे काम चलेगा?...? आदमी का व्यक्तित्व न हो, तो कैसे काम चलेगा? बच्चा जो गन्दा होता है, उसे कोई गोदी में लेना नहीं चाहता ...
- फसल पैदा हो जाएगी?...? यह खेत की जुताई, राम नाम का जप करना अथवा अन्य किसी तरीके से अपने आपका परिष्कार करना सब एक ही है।...
- फाउण्टेन पैन न होता तब फिर रवीन्द्रनाथ टैगोर के लिए गीतांजलि लिखना मुश्किल था और गाँधी जी ‘अर्जुन सेवक’ का सम्पादन करते थे और ‘अनीति के राह पर’ क्या मजेदार किताब लिखी है और गाँधी जी के पास स्याही न होती और फाउण्टेन पैन न होता तब?...? तब ये लिखना मुश्किल था। तब कोई आदमी ये कहने लगे कि वो बारह आने का फाउण्टेन पैन खरीदकर लाया और मैं रव...
- फायदा हो जाएगा?...? आपका अब तक का जो रहन-सहन रहा है, अब तक का जो जीवन रहा है, सोचने का तरीका रहा है, उसको ऊपर-नीचे कर दी...
- फायदा हो रहा होगा कि नुकसान हो रहा होगा, बेटी का ब्याह हो रहा होगा, बेटे का ब्याह हो रहा होगा, अमुक बात हो रही होगी, अमुक बीमार पड़ा होगा, इन बातों से आप क्या कर सकते हैं?...? या तो आप वहाँ जाइये, विवाह-शादी कीजिए; नहीं जा सकते, तो चिन्ता को छोड़िए। आप एकान्त में भी रह रहे हों...
- फार्मूला क्या हो सकता है?...? भगवान ने कहा, उद्धरेदात्मनात्मानं नात्मानमवसादयेत्। अर्थात् अपने
आपको उठाइए, अपने आपको गिराइए मत।
...
- फार्मूला क्या हो सकता है?...? भगवान ने कहा, उद्धरेदात्मनात्मानं नात्मानमवसादयेत्। अर्थात अपने आप को उठाइए, अपने आप को गिराइए मत।...
- फिजिक्स पढ़ेगा, साइंस पढ़ेगा, कॉमर्स पढ़ेगा, आर्ट्स पढ़ेगा?...? नहीं साहब! जो मास्टर पढ़ा देंगे, वही पढ़ूँगा। यह भी कोई तरीका है? यह भी कोई ढंग है? दुनिया में कहीं ऐस...
- फिजूलखर्चियों के लिए तो कोई रास्ता है?...? कोई सीमा है? कोई मर्यादा है? आप चाहें जितना खर्च कर डालिए। लेकिन आपकी वास्तविक आवश्यकताएँ बहुत कम है...
- फिनायल डालने का यही मतलब है ना?...? हाँ साहब! यही मतलब है और बेटे! यह जो सेंट लगाते रहते हैं, यह किसलिए लगाते हैं? इसलिए कि इस शरीर से च...
- फिर अभाव किस बात का है?...? पीड़ायें किस बात की? कष्ट किस बात का? किसी बात का कष्ट नहीं है। संख्या नहीं गुणवत्ता हो अपना मानक ...
- फिर आप कौन हो सकते हैं?...? फिर आप कौए हो सकते हैं। तो फिर क्या गुरुजी! गायत्री माता हमारे ऊपर सवार होंगी? नहीं आपके ऊपर गायत्...
- फिर ऐसा आदमी कड़ी मेहनत क्यों करेगा?...? मजदूरी क्यों करेगा? नौकरी क्यों करेगा? जिस आदमी के हाथों नुस्खा लग गया है कि हमारे पाप तो गंगाजी म...
- फिर क्या हुआ?...? शंकर भगवान ने आक के फूल खाये और धतूरे का फल खाया। इससे गले में छाले पड़ गये और उन्हें खूब नशा आने ल...
- फिर क्यों कहता है कि डॉक्टर बनायेगा?...? फिर यों कह कि भगवान जो चाहेगा, सो बनायेगा। यह क्या है? कल्पना, जिसके पीछे कोई प्लानिंग नहीं होती, ...
- फिर मैंने उनसे पूछा कि आखिर आपको शिकायत क्या है?...? यह सब आपको कैसे हुआ? उनके साथ जो लोग आये थे, उन सबको दूसरी जगह भेज दिया। मैंने कहा कि अब बताइये क्...
- फिर अच्छे खासे मस्तिष्क, आदर्शवादी उत्कृष्टता क्यों नहीं अपनाते?...? उन्हें अनर्थ ही क्यों सूझता रहता है? उनसे सुविधा, प्रसन्नता और प्रगति जैसा कुछ बन पड़ना तो दूर, उलटे...
- फिर अन्तरमन ने कहा, माँ गंगा व कार्तिकेय को आशीर्वाद देने की सामर्थ्य रखने वाले साक्षात् शिव के अतिरिक्त और कौन हो सकते हैं?...?
अन्तर्यामी गुरुदेव
(श्री विश्वप्रकाश त्रिपाठी जी ने सन् 1981 में दीक्षा ली और वसन्त पंचमी सन् 1988 ...
- फिर अन्य अवसरों पर भी आपको परिष्कृत और भावुक मन के सहारे उल्लास अनुभव कराता रहे तो इसमें क्या आश्चर्य की बात है?...? अध्यात्म के प्रतिफल रूप में मन में इतना परिवर्तन तो दृष्टिगोचर होना ही चाहिए। शरीर को जैसे अभ्यास मे...
- फिर अन्य जातियों को ऊँच-नीच के हिसाब से नापा-खोला जाए तो आश्चर्य ही क्या है?...? पाकिस्तान क्या है? कितना है? कैसा है? इसकी विवेचना, बहुत अधिक महत्त्वपूर्ण नहीं है। हमें उसके पीछे स...
- फिर अन्य लोकवासी चैतन्य प्राणियों की रीति-नीति के बारे में तो कहा ही क्या जा सकता है?...? समूचा ब्रह्म न तो हमारी समझा में आ सकता है और न उसे समझने की आवश्यकता है। मानवी चेतना के साथ ब्रह्म ...
- फिर अपना मार्ग एकाकी निश्चय के आधार पर किस प्रकार अपनाते बने?...? ‘एकला चालो रे’ गीत गाने भर में तो उत्साहवर्द्धक प्रतीत होता है, पर उसे कर दिखाने में नानी याद आती है...
- फिर अभाव किस चीज का है?...? किसी चीज का अभाव नहीं है। मित्रो! हमारे पड़ोसी हैं, हमारी स्त्री है, बच्चे हैं, हमारे पास चिड़िया घू...
- फिर अर्जुन से पूछा कि आपको क्या दिखाई पड़ता है?...? अर्जुन ने कहा-हमें एक ही चीज दिखाई पड़ती है और वह है मछली की आँख। तो मारिए निशाना और सफलता का वरण कीज...
- फिर अर्जुन से पूछा कि आपको क्या दिखाई पड़ता है?...? अर्जुन ने कहा-हमें एक ही चीज दिखाई पड़ती है और वह है मछली की आँख। तो मारिए निशाना और सफलता का वरण कीज...
- फिर अर्जुन से पूछा कि आपको क्या दिखाई पड़ता है?...? अर्जुन ने कहा—हमें एक ही चीज दिखाई पड़ती है और वह है—मछली की आँख। तो मारिए निशाना और सफलता का वरण कीज...
- फिर असलियत क्या है?...? असलियत जो है, वह आपको जाननी ही चाहिए। आखिर देवता क्या हैं?
देवता क्या हैं, अन्तत:
देव...
- फिर आन्दोलन में तो हजारों स्वयं सेवक संलग्न थे, तो एक की कमी-बेशी से उसमें क्या बनता-बिगड़ता था?...? हमारे असमंजस को साक्षात्कार के समय ही गुरुदेव ने ताड़ लिया था। जब बारी आई तो उनकी परावाणी से मार्गदर्...
- फिर आइंदा मिलेंगे तो क्या नमस्कार करेंगे?...? बीच में नमस्कार नहीं करते, लेकिन राजा साहब का नमक खाते हैं, उनके बताए हुए उत्तरदायित्व को समझते हैं,...
- फिर आखिर में क्या हुआ?...? आखिर में यह हुआ कि वहाँ पर राजस्थान का वनस्थली बालिका विद्यालय बन गया। कभी आपने देखा हो या आप कभी गए...
- फिर आज उस प्रदर्शन की आवश्यकता क्यों पड़ गई?...? यह तथ्य है कि किसी क्षेत्र में असाधारण पुरुषार्थ करने पर उसकी असाधारण उपलब्धियाँ भी हस्तगत होती हैं।...
- फिर आत्मा की गरिमा को पोषण कहाँ मिला?...? आन्तरिक उल्लास का विकास कब सम्भव हुआ। महानता की अभिलाषा ही महत्त्वाकांक्षा कहलाती है। प्रगति का मार्ग...
- फिर आदमी को सदाचारी क्यों बनना पड़ता?...? फिर आदमी को तपस्वी क्यों बनना पड़ता? फिर आदमी को भक्त क्यों बनना पड़ता? फिर तो आदमी अपनी दुकान करता ...
- फिर आदमी की परिश्रम की कीमत क्या रही?...? आदमी की मेहनत क्या रही? न कोई मेहनत, परिश्रम करके फोकट में ही पैसा मिल जाता है, तो फिर परिश्रम को सा...
- फिर आदमी को भक्त क्यों बनना पड़ता?...? फिर तो आदमी अपनी दुकान करता रहता। पूजा- पत्री के खेल- खिलौने दिखा करके भगवान के वरदान और आशीर्वाद ...
- फिर आदमी को तपस्वी क्यों बनना पड़ता?...? फिर आदमी को भक्त क्यों बनना पड़ता? फिर तो आदमी अपनी दुकान करता रहता। पूजा- पत्री के खेल- खिलौने द...
- फिर आदमी को संयमी क्यों बनना पड़ता?...? फिर आदमी को सदाचारी क्यों बनना पड़ता? फिर आदमी को तपस्वी क्यों बनना पड़ता? फिर आदमी को भक्त क्यों ...
- फिर आदर्शों के परिपालन में, सत्प्रवृत्तियों के परिपोषण में वे किस प्रकार, क्या कर पायेंगे?...? निश्चित ही दोनों वर्ग, समाज के लिए समान रूप से निरर्थक और भारभूत हैं, बहुत ऊँचे भी बहुत नीचे भी। काम...
- फिर आप अच्छी जिन्दगी कैसे जी लेंगे?...? फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे? जब हर आदमी हैरान करेगा, तो आपको गुस्सा कैसे नहीं आएगा? इसलि...
- फिर आप इसाइयों में भी जा सकते हैं?...? हाँ बेटे। मुझे ऐसा मालूम पड़ता है कि मेरा ट्रांसफर और मेरी तरक्की कहीं ईसाई देशों में न हो जाए। हिन्द...
- फिर आप उनके मालिक कैसे हुए?...? सम्पत्ति जितनी आप खा सकते हैं और जितनी इस्तेमाल कर सकते हैं, उतनी ही तो ले सकते हैं। बाकी जमीन पर ही ...
- फिर आप उनके मालिक कैसे हुए?...? सम्पत्ति जो आप पेट में खा सकते हैं और तन में ढक सकते हैं सिर्फ उतनी ही आपके इस्तेमाल करने के लिए है,...
- फिर आप उसको क्या कहेंगे?...? मैं उसे हैवान कह सकता हूँ। हम इनसान को भी हैवान कह सकते हैं। नर-पशु शब्द बहुत पुराना है। नर का शरीर ...
- फिर आप उससे भी गहरायी में जानना चाहें तो यह जान सकते हैं कि आचार्य जी का प्राण कितना शक्तिशाली होगा, कितना सामर्थ्यवान, कितना महत्त्वपूर्ण होगा, कितना विकसित होगा?...? आप ज्यादा खोजबीन करेंगे तो ही, आपको यह मालूम पड़ेगा। ज्यादा खोजबीन नहीं करेंगे तो आपको केवल हमारा शरी...
- फिर आप कर पाएँगे?...? नहीं, कर पाएँगे। उन सबको तिलांजलि देते हुए चले जाइए।
बेटे! हाथी एक तरफ चलता है न। हाथी चलता है, तो ...
- फिर आप कहाँ खर्च करेंगे?...? किस काम में खर्च करेंगे? बचा हुआ समय जाएगा कहाँ? आत्मा का कल्याण लोकसेवा के ऊपर टिका हुआ है। भगवान क...
- फिर आप किस तरीके से आत्मसन्तोष पाएँगे?...? आत्म आपकी निरन्तर जलती ही रहेगी, क्योंकि आपका लालच इतना बड़ा दुश्मन है, जिसको आप छोड़ नहीं पाएँगे, तो...
- फिर आप किस तरीके से संन्यास की, हमारी भारतीय संस्कृति की परम्पराओं को निभा सकते हैं?...? आपका तो यह ख्याल है कि सारी सम्पदा बेटों को देना चाहिए। चार बेटे हैं, चारों को बरबाद दे दिया। प्रा...
- फिर आप किस बात के गुरु हैं?...? गुरु हैं तो बेटा हम ज्ञान देंगे, रामायण पढ़ा देंगे, गीता पढ़ा देंगे और दूसरे पाठ पढ़ा देंगे। नहीं सा...
- फिर आप किस बात के गुरु हैं?...? ? गुरु हैं तो बेटा हम ज्ञान देंगे, रामायण पढ़ा देंगे, गीता पढ़ा देंगे और दूसरे पाठ पढ़ा देंगे। नहीं ...
- फिर आप किससे सेवा करेंगे-बताइये न?...? सेवा करने के लिए माध्यम चाहिए, शक्ति चाहिए। शक्ति इकट्ठी करने के लिए आपको और हमको क्या करना पड़ेगा?...
- फिर आप क्या करना चाहते हैं?...? आप भगवान पर दबाव डालना चाहते हैं। हाँ साहब! हम भगवान पर दबाव डालने के लिए तप कर रहे थे। अच्छा, तो ...
- फिर आप क्या करेंगे चौकी पर?...? गायत्री मन्त्र का उच्चारण धूप, दीप, नैवेद्य से पूजन। हो गया न आपका पूजन। हाँ साहब! हो गया। चावल चढ़ा ...
- फिर आप क्या करेंगे, अगर आपके ऊपर फाइलेरिया का अटैक हुआ तो?...? साहब! हम अन्न अच्छा खाते हैं। अच्छा अन्न खाते हैं, लेकिन हवा को भी समझते हैं कि नहीं समझते। शीलन भरी...
- फिर आप क्या करेंगे?...? आपने तो अपनी स्त्री को घूँघट में रख करके अपाहिज बना दिया। उसे मेहनत नहीं करने दी, परिश्रम नहीं करन...
- फिर आप क्या करेंगे?...? करने के लिए हमारी पुरानी पीढ़ियों के लिए एक काम काफी था। कौन सा? धर्मोपदेश। कथा कहना- भागवत् की कथा...
- फिर आप क्या चाहते हैं?...? हम चाहते हैं-सुख और शान्ति। अरे बेटे! रामचन्द्र जी के पास सुख कहा था? वे तो दुःख ही दुःख में रहे। ...
- फिर आप क्या दे सकते हैं?...? यदि आप पिछड़ी जिन्दगी जी सकते हैं, तो आप नर-पिशाच बन सकते हैं। नर-पिशाच कैसे होते हैं? नर-पिशाच ऐसे ह...
- फिर आप क्या माँगेंगे?...? पैसा माँगिए, रुपया माँगिए, बेटा माँगिए, औलाद माँगिए, मुकदमा में विजय माँगिए। यही व्याख्या है न आपकी ...
- फिर आप क्यों ऐसी जिन्दगी जिएँगे?...? मित्रो! भगवान ने तो आपको राजकुमार बनाया है न। आपको बुद्धि दी है न। आपको वाणी दी है न। आपको हाथ-पाँव ...
- फिर आप क्यों ऐसी जिन्दगी जिएँगे?...? मित्रो! भगवान ने तो आपको राजकुमार बनाया है न। आपको बुद्धि दी है न। आपको वाणी दी है न। आपको हाथ पाँव ...
- फिर आप क्यों नहीं, पेट भर सकते?...? उँगलियाँ ही तो खराब हैं।
नहीं साहब! हम कैसे कर सकेंगे? हमारे पास क्या। अकल है? तो चलिए हम और आप...
- फिर आप देखिये कैसा मजा आता है?...? भगवान की मर्जी तो पूरी कीजिये, फिर देखिये आपको कुछ मिलता है क्या? अभी मैंने सुदामा का नाम लिया न आपस...
- फिर आप ध्यान किसमें लगाएँगे?...? आप ध्यान में प्रकाश कैसे पैदा करेंगे? आप बताइए मुझे, आपके अन्दर घी पहुँचता नहीं है, तेल पहुँचता नहीं ...
- फिर आप बच्चों को समय कब देंगे?...? इससे अच्छा है बच्चों को आप मार दीजिए। बच्चा कहता है कि हमें पापा का प्यार मिलना चाहिए और पापा है कि ...
- फिर आप बार-बार क्यों कराते हैं?...? उससे क्या फायदा? गायत्री मंत्र याद भी हो गया और उसका अर्थ भी हम समझ गए कि हे भगवान हमारी बुद्धि को श...
- फिर आप बार-बार क्यों कराते हैं?...? उससे क्या फायदा? गायत्री मंत्र याद भी हो गया और उसका अर्थ भी हम समझ गए कि हे भगवान हमारी बुद्धि को श...
- फिर आप बिना बीज बोये किस तरह से फसल पा सकते हैं?...? बीज बोये बिना आप किस तरह से बगीचा लगा सकते हैं? बीज की कीमत अपनी जगह पर है, परन्तु दूसरी चीजों क...
- फिर आप भगवान् से बार-बार क्यों माँगते हैं?...? आपको इतनी विद्या बुद्धि मिली हुई थी कि आप दुनिया में शान्ति की धारा बहाते, उसको खूबसूरत बनाते, लेकि...
- फिर आप भजन कैसे कर लेंगे?...? फिर आप अच्छी जिन्दगी कैसे जी लेंगे? फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे? जब हर आदमी हैरान करेगा, ...
- फिर आप भेजिए?...? हम कैसे भेज सकते हैं? आप ले जाइये, यह जाएगा नहीं। नहीं, यह नहीं जा सकता है। सिकन्दर को आया होश। आपको...
- फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे?...? जब हर आदमी हैरान होगा तब आपको गुस्सा क्यों नहीं आयेगा? इसलिए क्या करना चाहिए? अपना व्यक्तिगत जीवन सु...
- फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे?...? जब हर आदमी हैरान करेगा, तो आपको गुस्सा कैसे नहीं आएगा? इसलिए मित्रो! क्या करना चाहिए? अपना व्यक्तिगत...
- फिर आप ये कहेंगे - इन नायाब मौके को अच्छे से अच्छा उपयोग क्यों न कर लिया जाये?...? फिर, आप क्या करेंगे? फिर आप अपना टाइम टेबल और अपनी रीति-नीति ऐसी बनाएँगे जैसे राजा परीक्षित ने बनाई ...
- फिर आप व्याख्यान क्यों नहीं कर देते?...? बेटे हम दे ही नहीं सकते, क्योंकि जीभ ही नहीं है हमारी। तो आप एक लेख ही लिख दीजिये। बेटे हम लेख भी नह...
- फिर आप सिनेमा में क्या देखने गये थे?...? और आपके कमरे में जो तस्वीरें हैं, कैलेण्डरों में गन्दी लड़कियों के चित्र टँगे हुए हैं, ये क्या है?
...
- फिर आप हथौड़े की करामात क्या कह रहे थे?...? हथौड़े ओर छैनी की करामात है जरूर, हम इसे मानते हैं। जितनी भी मूर्तियाँ दुनिया में बनी हैं, वे सारी-क...
- फिर आप हथौड़े की करामात क्या कह रहे थे?...? हथौड़े और छेनी की करामात है जरूर, हम इसे मानते हैं। जितनी भी मूर्तियाँ दुनिया में बनी हैं, वे सार...
- फिर आप हमारी जान लेने के लिए क्यों उतारू हैं?...? आपको मालूम नहीं है कि हमारे भीतर भी जान है। अगर आपके कोई बाल नोंचे, तो आपको कितना कष्ट होता है। आप ह...
- फिर आप हमें राजा कैसे बना देंगे?...? राजा बना देंगे तो बना दीजिए, फिर बातचीत हुई। उन्होंने कहा—आपको असली अध्यात्म के सम्पर्क में आना पड़ेग...
- फिर आपका मन पूजा-उपासना में कैसे लगेगा?...? आप इस दिशा में आगे कैसे बढ़ेंगे? गोली चलाने वाला अगर निशाना न साधे, तो उसका काम कैसे चलेगा? वह कभ...
- फिर आपका मन पूजा-उपासना में कैसे लगेगा?...? आप इस दिशा में आगे कैसे बढ़ेंगे? गोली चलाने वाला अगर निशाना न साधे तो उसका काम कैसे चलेगा? वह कभी इधर...
- फिर आपका मृत्युञ्जय मंत्र?...? हकीमजी कहते हैं पण्डित जी से मृत्युञ्जय मंत्र करायेंगे और पण्डित जी कहते हैं हकीम जी से इलाज करायेंगे।...
- फिर आपका शरीर नहीं रहा तो?...? हाँ, दिखाई तो हमको भी पड़ता है कि हम सन् 2000 तक शायद न होने को बढ़े। दस साल होने को आये हैं। अभी इसमे...
- फिर आपकी अस्त-व्यस्तता को अनुशासन में बदल जाना चाहिए और आपकी लक्ष्यहीनता को अब एक दिशा पकड़ लेनी चाहिए कि अब हमारा जीवन किधर जाएगा?...? इसी का प्राथमिक अभ्यास कराने के लिए आपको कल्प-साधना शिविर में बुलाया गया है। आप अपनी मनःस्थिति को उस...
- फिर आपकी कैसे पूरी हो जाएँगी?...? हाँ, एक शर्त पर आपकी कामनाएँ पूरी हो सकती हैं। कैसे? आप कामनाओं का स्तर बदल दीजिए। स्तर कैसे बदला जा...
- फिर आपकी कैसे पूरी हो जाएँगी?...? हाँ, एक शर्त पर आपकी कामनाएँ पूरी हो सकती हैं। कैसे? आप कामनाओं का स्तर बदल दीजिए। स्तर कैसे बदला जा...
- फिर आपकी पूजा-उपासना क्या कर लेगी?...? आपको जप और अनुष्ठान चमत्कार कैसे दिखा पाएँगे? जादू-चमत्कार जैसा अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म तो मानसिक...
- फिर आपकी मनोकामना पूरी हो जाए कोई जरूरी है?...? मनोकामना पूरी नहीं हो पाती, इसलिए आदमी आमतौर से दुखी रहते हैं।...
- फिर आपकी मनोकामना पूरी हो जाए, कोई जरूरी है?...? मनोकामना पूरी नहीं हो पाती, इसलिए आदमी आमतौर से दुखी रहते हैं।
इच्छाएँ पीछे रखिए
मित...
- फिर आपकी महत्त्वाकांक्षाएँ कहाँ रह गयीं?...? आपका अहं कहाँ रह गया? बेटे, आपकी ये इच्छाएँ कभी पूरी नहीं हो सकतीं।
श्रेष्ठ जीवन जीने की महत...
- फिर आपके बच्चे पूछेंगे कि मम्मी क्या बात है, आप रोज आग काहे को जला देती हो?...? मम्मी को बताना पड़ेगा। उसके बहाने से आप उन्हें शिक्षण देंगे। हम भी बच्चों से कहेंगे कि बेटे, तुम अपन...
- फिर आपके मुख से यह निकल कैसे जाता है?...? बेटे! आपने गुरुजी के विराट रूप को क्यों नहीं देखा? केवल शक्ल तक ही आप सीमित कैसे रह गए? क्यों नहीं प...
- फिर आपको इस तरह के मौके क्यों मिलते चले जा रहे हैं?...? क्या वजह है इसकी? इसकी एक ही वजह है कि हमने यह पहचान लिया है कि भगवान का अवतार होता हुआ चला आ रहा है...
- फिर आपको कहीं न-कहीं कर्जे लेने पड़ेंगे?...? फिर आपको रिश्वत लेनी पड़ेगी? कहीं से दूसरों पर दबाव डालना पड़ेगा। कुछ-न जरूर करना पड़ेगा।
अगर नह...
- फिर आपको क्या करना चाहिए?...? अगर आपको ऊँचा उठना है तो आपको भीतर से हिम्मत इकट्ठी करनी चाहिए। क्या हिम्मत करें? ये हिम्मत करें कि ...
- फिर आपको ज्ञान प्राप्त करने के लिए किसके पास जाना चाहिए?...? पुरोहित के पास। पुरोहित के पास कैसे जाना चाहिए, जो भगवान का प्रतिनिधि हो अथवा भगवान का रूप हो अथवा भ...
- फिर आपको ज्ञान प्राप्त करने के लिए किसके पास जाना चाहिए?...? पुरोहित के पास। पुरोहित के पास कैसे जाना चाहिए जो भगवान का प्रतिनिधि हो अथवा भगवान का रूप हो अथवा भग...
- फिर आपको मक्खियाँ निगल जाएँगी; फिर आपको पिस्सू जिन्दा नहीं रहने देंगे; फिर आपको खटमल किस तरीके से चैन लेने देंगे?...? सिर में घुसे हुए जुएँ आपको किस तरीके से हैरान नहीं करेंगे? चूहे आपका सारा अनाज खा के खत्म कर देंगे; ...
- फिर आपको मालूम है कि नहीं कि आँखों के आगे जिन्दगी होनी चाहिए; आँखों के पीछे लाइफ होनी चाहिए; रोशनी होनी चाहिए; रोशनी यदि नहीं है, तो?...? जिन्दगी नहीं है तो? लाइफ नहीं है तब? आँखें रखी हैं। आप घर ले जाना इसमें से निकाल के। आँखें देखेंगी? ...
- फिर आपको रिश्वत लेनी पड़ेगी?...? कहीं से दूसरों पर दबाव डालना पड़ेगा। कुछ-न जरूर करना पड़ेगा।
अगर नहीं भी कर सकेंगे और ईमानदारी स...
- फिर आपने किस काम के लिए बुलाया है?...? बेटे! मैंने किसी खास मकसद के लिए बुलाया है। चूँकि आपका समय इतना लंबा है—बारह घण्टे, चौबीस घण्टे। इसको ...
- फिर आपने क्या कर दिया?...? बेटे, हमने सुई घुमा दी। अब कहाँ मिला दिया? अब विविध भारती पर मिला दिया है और अब इसमें प्रार्थना के ग...
- फिर आपने क्यों कह दिया?...? मित्रो! मैंने यह कहा है कि मंत्र का सामान्य अर्थ होता है—विचार शक्ति, जिसे आप विचारशीलता कहते हैं। त...
- फिर आपने क्यों नहीं खाया?...? बेटे, हम नहीं खा सकते थे; क्योंकि जिस समाज में, हम रहते हैं; जिस देश में हम रहते हैं; जिस धर्म और सं...
- फिर आपने गलत क्यों पाया और मैंने सही क्यों पाया?...? गायत्री जयंती के पुण्य पर्व पर आइए इसी महत्त्वपूर्ण तथ्य पर प्रकाश डालें और पर्दे को उठाने की कोशिश ...
- फिर आपने तो हमारा सर नीचा कर दिया है कि उस शक्ति से, उस समर्थ सत्ता से जुड़े होते हुए भी आप ऐसा नारकीय जीवन जिएँगे?...? आप नारकीय जीवन नहीं जिएँगे। आप आगे की पंक्ति में आएँगे; क्योंकि आप उस ऋषि की सन्तान हैं, आप उस सन्त ...
- फिर आपने मजदूर का काम किया की नहीं?...? साहब! हमारे बाप-दादे मुनीम का काम करते थे। गाय-भैंस चराते थे, खेती-बाड़ी करते थे। फिर गुरुजी! हमने तो...
- फिर आमदनी का स्रोत, संग्रह का स्रोत क्या है?...? जब तक संग्रह नहीं किया जाएगा और जब तक कोई सम्पत्ति नहीं होगी, तो फिर आप क्या कर सकते हैं? किसी को क्य...
- फिर इतने तमाम लोगों की तमाम समस्याओं का समाधान इनसान कैसे कर पाएगा?...? वास्तव में जो काम इनसान के बलबूते का नहीं होता है, वह काम भगवान अपने जिम्मे रखते हैं। भगवान प्रेरणा,...
- फिर इतने बड़े आन्दोलन-अभियान उद्घोष-प्रतिपादन को सर्वसाधारण के सम्मुख प्रस्तुत करने का दुस्साहस किस आधार पर किया जा रहा है?...?...
- फिर इतने विशाल काम किस प्रकार बन पड़े?...? हिम्मत टूटती सी देखकर मार्गदर्शक ने परोक्षतः लगाम हाथ में सँभाली। हमारे शरीर भर का उपयोग हुआ। बाकी स...
- फिर इन दिनों भी क्या मुश्किल है, जो जन कल्याण में निरत होने की महत्त्वाकाँक्षा, अनेकानेक उदारचेताओं में उत्पन्न न की जा सके?...? बुद्ध, और गाँधी के आन्दोलनों में सम्मिलित होने वालों की संख्या अनायास ही लाखों में पहुँची थी। अब फिर...
- फिर इन दिनों समस्त संसार पर छाई हुई विपन्नता
की वेला में उसके परिवर्तन, प्रयास गतिशील क्यों न होंगे?...? ... अदृश्य जगत में संव्याप्त
दैवी चेतना का अनुपात वर्तमान परिस्थितियों की प्राणचेतना के आधार पर अ...
- फिर इन दिनों समस्त संसार पर छाई हुई विपन्नता की वेला में उसके परिवर्तन प्रयास गतिशील क्यों न होंगे?...? जराजीर्ण मरणासन्न में नवजात जैसा परिवर्तन-प्रत्यावर्तन करते रहना जिसका प्रिय विनोद है, उसे इस अँधेरे...
- फिर इनके द्वारा उसकी प्राप्ति कैसे हो सकती है?...? आत्मा के पास तक पहुँचने के साधन जो हमारे पास मौजूद हैं, वह चित्त, अन्तःकरण, मन, बुद्घि आदि ही हैं। आ...
- फिर इनसे युग निर्माण के उपयुक्त उत्कृष्ट चरित्र उत्पन्न करने की आशा कैसे की जाए?...? आदर्श व्यक्तित्वों के बिना दिव्य समाज की भव्य रचना का स्वप्न साकार कैसे होगा? गाल बजाने वाले ‘पर उपद...
- फिर इस घोर महँगाई के जमाने में आर्थिक कठिनाइयों से ग्रस्त अशिक्षित स्तर की जनता उसे किस आधार पर खरीदे?...? थोड़े से जो शिक्षित बच जाते हैं, वे भी मनोरंजन के लिए चटपटा साहित्य भर खरीदते हैं। युग साहित्य में ऐ...
- फिर इस पैसे का क्या होगा?...? बेटे, अब तो इसके ऊपर टैक्स लग रहे हैं और इस पर मृत्यु टैक्स लग रहे हैं। आगे आने वाले जमाने में क्या ...
- फिर इस साल का पूरा समय कैसे कटेगा?...? हम आपको इस बात की ठीक जानकारी दे करके डराना नहीं चाहते, हैरान नहीं करना चाहते, पर यह जरूर कहेंगे कि ...
- फिर इससे आपको क्या फल मिलने वाला है?...? आप भजन करना चाहते हैं तो उसका स्वरूप समझिए। भजन करेंगे और उसका स्वरूप नहीं समझेंगे तो मुश्किल हो जाए...
- फिर इसे कोई क्यों अपनायेगा?...? आत्मा का उल्लास, ईश्वरीय अनुग्रह जैसे लाभ ही उत्कृष्ट जीवन के मूलभूत प्रेरणा स्रोत हैं। भौतिक जगत मे...
- फिर उतने छोटे परिवार को ही कैसा महत्त्व?...?
शान्तिकुञ्ज की महत्तागुरुजी शान्तिकुञ्ज में ठहरने, विशेषतः रात रुकने को बहुत महत्त्व देते थे। माता...
- फिर उन सब कविताओं को गायत्री मन्त्र के समकक्ष क्यों नहीं रखा जाता और उनका उच्चारण क्यों उतना फलप्रद नहीं होता?...? वस्तुतः मन्त्र दृष्टाओं की दृष्टि में शब्दों का गुंथन ही महत्त्वपूर्ण रहा हैं। कितने ही बीज मन्त्र ऐ...
- फिर उनचास लाख कौन हैं?...? 49 लाख वे हैं जो दुःखी हैं, कष्ट में हैं, मुसीबत में हैं, जिनको सांसारिक और मानसिक कठिनाइयों ने घेर ...
- फिर उनसे पूछा कि क्या बात है?...? उन्होंने कहा कि हमारे साथ एक कांड हो गया है। हमारे घर में इनकम टैक्स ऑफीसर ने छापा मारा था, जिसम...
- फिर उन्हें क्या दिखाई पड़ता है?...? अपनापन दिखाई पड़ता है, आपकापन दिखाई पड़ता है, दुनिया दिखाई पड़ती है और उस रात-दिन के चिराग के नीचे न जा...
- फिर उन्होंने इनसान से पूछा कि आपको कितना खाना मिलता है?...? उसने कहा कि तीन-चार रोटी मिलता है, एक प्लेट चावल मिलता है। बस, उससे ही हम काम चला लेते हैं। भगवान ने...
- फिर उन्होंने किसे ढूँढ़ा?...? एक ही आदमी है—शृंगी ऋषि, जिसने जीवन भर में यह नहीं जाना कि स्त्रियाँ कैसी होती हैं? वासना किसे कहते ...
- फिर उन्होंने पीछे मुड़कर ही नहीं देखा कि हमारा भी कुछ है क्या?...? जिसको सौंप दिया, उसको सौंप दिया। बेटी जिसकी हो गई, उसकी हो गई। ऐसा थोड़े ही होता है कि सौंपे ही नहीं।...
- फिर उस शक्ति का उपयोग क्या किया गया?...? उपयोग नहीं दुरुपयोग किया। इसका क्या मतलब हुआ? मतलब एक ही हुआ कि वरदान का उपयोग खुदगर्जी के लिए किया ...
- फिर उसका क्या हुआ?...? मिर्च सूक्ष्म हो करके फैल गयी, दूर-दूर तक फैल गयी। अगर दूर-दूर तक फैली नहीं होती, तो सबको खाँसी क्यो...
- फिर उसका क्या हुआ?...? मित्रो! गिरिधर गोपाल से क्या मतलब है आपका? गिरिधर गोपाल से आपका मतलब अगर पत्थर से था, तो वह पत्थर रा...
- फिर उसका निवारण कैसे हो?...? वातावरण का मुकाबला कैसे किया जाए? तो रामचन्द्र जी ने दस अश्वमेध यज्ञ किये थे। दशाश्वमेध घाट, कभी आप ...
- फिर उसका सम्पूर्ण न होना कैसे हो सकता है?...? गैलीलियो ने एक बार यह समझाने की चेष्टा भी की कि वह तो एक प्रकार का आवेश चेतना है, जो सौर-मण्डल के प्...
- फिर उसकी अन्तरात्मा ने शक्ति को झकझोरा—शक्ति कैसे नहीं है?...? अभी निकालते हैं और बातों-ही-बातों में वह नहर निकाल लाया। अकेला जूझा, अकेला कर लाया?
नहीं बेटे, व्...
- फिर उसकी दण्ड की व्यवस्था का क्या होगा?...? फिर तो जेल में ताले डल जायेंगे। न्याय की व्यवस्था को बरख्वास्त किया जायेगा। हर आदमी क्षमा माँगता चला...
- फिर उसकी प्रवृत्ति स्वार्थी बनकर आनन्द का रसास्वादन करते रहने में क्यों किसी प्रकार बाधक बने?...? क्यों उसे वासना, तृष्णा और अहंता के लौहपाशों में जकड़ जाने पर बन्दीगृह के कैदी जैसी विडम्बनाएँ सहनी ...
- फिर उसके अनेक रूप कैसे बने?...? अनेक आकार-प्रकार और गुण-स्वभाव का उसे कैसे देखा गया? मान्यता यदि यथार्थ है तो उसका स्वरूप सार्वभौम ह...
- फिर उसके कुछ काम आई?...? अरे तेरे काम में क्या आया है? कुछ नहीं, वही दो रोटी, एक धोती और कुरता।
अरे, यह तो वैसे भी पैदा हो ...
- फिर उसके मर जाने से आपका क्या नुकसान हुआ?...? रोज दूध पीता था और अनाज खाता था। मर गया तो क्या हुआ? अरे गुरुजी! आप यह क्या कहते हैं? हाँ बेटे, मैं ...
- फिर उसने कहा—खलीफा आप बुरा मत मानना?...? क्या बात है? मेरा तो मन यह कहता है कि अब मैं गहने दूँ ही नहीं। खलीफा ने कहा—वाह! तू बड़ी बेवक...
- फिर उसने पूछा, ‘‘कहाँ जा रही हो?...? ’’ मैंने बताया यहीं पास में एक बहुत बड़े सन्त आ रहे हैं। उनसे मिलने जा रही हूँ। वह बोला अच्छा, ‘‘तो क्...
- फिर उसे कहाँ उठाये, कहाँ रखें?...? मुसीबत आ जायेगी आप इतनी बड़ी चारपाई को इस्तेमाल कर सकते हैं? नहीं कर सकते। हर चीज के इस्तेमाल की एक...
- फिर ऋषि-परम्परा इतनी मूर्छित तो नहीं हुई है जिसके पुनरुत्थान की आशा ही छोड़नी पड़े?...? लक्ष्मण की मूर्च्छा जगी थी। मानवीय गरिमा को पुनर्जीवित करने का संकल्प जगा है, तो कल-परसों यह भी तनकर...
- फिर एक काम कर, तेरे मुँह में यह जो सफेद-सफेद भाग दिखाई दे रहा है, यह क्या है?...? ये हड्डियाँ हैं। अरे राम-राम! हड्डी से गायत्री मंत्र? अरे बेटे! यह तो रुद्राक्ष से जपा जाता है, हड्ड...
- फिर एक काम कर, तेरे मुँह में यह जो सफेद-सफेद भाग दिखाई दे रहा है, यह क्या है?...? ये हड्डियाँ हैं। अरे राम-राम! हड्डी से गायत्री मंत्र? अरे बेटे! यह तो रुद्राक्ष से जपा जाता है, हड्ड...
- फिर एक महीने में कितना दौड़ेगा?...? पता कर लीजिए। अरे महाराज जी! इसमें तो बहुत बिंदियाँ हो जाएँगी। हाँ बेटे! फिर भगवान की, ब्रह्म की नाप...
- फिर एकान्त कहाँ हुआ?...? न मिलने की बात कहाँ बन पड़ी? मात्र कार्यशैली में ही राई रत्ती परिवर्तन हुआ। मिलने-जुलने वालों का वर्ग...
- फिर ऐसा कैसे हो सकता है?...? भावनाओं का आदान-प्रदान
बेटे जो सामने होता है, उसका अधिकार अधिक होता है। आप कितने वर्षों से हमसे जु...
- फिर ऐसा कैसे हो सकता है?...? भावनाओं का आदान-प्रदान—
बेटे! जो सामने होता है, उसका अधिकार अधिक होता है। आप कितने वर्षों से हमसे...
- फिर ऐसा क्या था उनमें, जिसके कारण वे आत्मप्रकाश के महान् सन्देशवाहक बन सके?...? बीतते युग उन्हें मलिन नहीं कर पाए, प्रबल से प्रबलतर होते जा रहे हैं।सारे अभावों के बावजूद उनमें थी, ...
- फिर ऐसा क्यों हुआ कि मनुष्य को ही इतना अधिक दिया गया और अन्य प्राणी उससे वंचित रखे गए?...? यदि यह सब विभूतियाँ मात्र मौज करने के लिए ही मनुष्य को मिली होती तो निश्चय ही इसे अन्याय और पक्षपात ...
- फिर और अधिक बनाकर उनका क्या किया जाय?...? इतने पर भी यह प्रश्न सामने है कि इस कार्य में जितने कारखाने, जितने वैज्ञानिक लगे हुए हैं, उनका क्या ...
- फिर और कौन-सी चीज रह गई?...? जिसको कि हम भगवान से प्राप्त करने के लिए लालायित होते हैं। ऐसा हम क्यों करते हैं? हमारा अपना पुरुषार...
- फिर और लाओ और बताओ और तुम्हारे पास है?...? और बड़ा जबरदस्त है हमारे पास। क्या है? हमारे पास हैं—मात्राएँ। मात्राएँ भी होती हैं? हाँ, मात्राएँ हो...
- फिर कठपुतली का तमाशा देखा जाना कैसे सम्भव है?...? भगवान का उद्यान, भगवान के उद्यान में अगर हम रहें, तब फिर उसी के साथ में लिपट कर चलिए, लिपटकर चलेंगे,...
- फिर कभी मरने देंगे कि नहीं मरने देंगे?...? यह गारण्टी किसी के लिए नहीं है। जो आया है वह तो जाएगा ही। कोई पहले जाएगा, कोई पीछे जाएगा। इसमें हम क...
- फिर कहाँ चला गया था?...? बुद्ध भगवान ने उसे हिन्दुस्तान से बाहर काम करने के लिए भेजा था। उसकी प्रतिभा और क्षमता को देखकर उन्हो...
- फिर कहाँ चला गया था?...? बुद्ध भगवान ने उसे हिन्दुस्तान के बाहर काम करने के लिए भेजा था। उसकी प्रतिभा और क्षमता को देखकर उन्हो...
- फिर कहाँ चला गया?...? वह अनाज जो मुँह ने खाया था, मुँह ने खाना चबाने के बाद पेट को दे दिया। पेट ने क्या किया? पेट को जमा न...
- फिर कहाँ चले जाते हैं?...? फिर ये सब मर जाते हैं। क्यों मर जाते हैं? उन्हें खुराक नहीं मिलती। अगर आप कुत्तों के उन पिल्लों को ख...
- फिर कहाँ जाएँगे?...? अरे साहब! जहाँ कहीं रेलगाड़ी ले जाएगी, वहीं चला जाऊँगा। यह भी कोई तरीका है? यह भी कोई ढंग है? बेटे क...
- फिर कहाँ से आता है प्रकाश?...? बेटे! वहाँ से आता है, जहाँ पर हम श्रद्धा का समन्वय करते हैं। मैं आपको यही सिखा रहा था। आप ऐसे करना। ...
- फिर कहाँ से आता है?...? हम नहीं जानते बेटे, कहाँ से आता है। इसी को तो मैं आपसे कहता हूँ—‘द्रविणम्’। अर्थात् भगवान् का दिया ह...
- फिर कहाँ से चुकता होगा?...? उनको नीलाम होना पड़ा और गले में कैंसर हो गया। मित्रो! हमारे पास तप की पूँजी न हो और हम आपको आशीर...
- फिर कहाँ से मिला?...? मैंने आपसे कहा था न कि देवता एक काम करते हैं। क्या काम करते हैं? फूल बरसाते हैं। नहीं साहब! यह बात स...
- फिर कहाँ है भगवान?...? मनुष्य की श्रेष्ठता के रूप में, ऊँचे समाज के रूप में भगवान है। भगवान ने जब अर्जुन को, यशोदा माता को ...
- फिर कायाकल्प में करना क्या पड़ता है?...? चलिए इसके लिए एक उदाहरण मैं आपको सुनाऊँगा। वह उदाहरण महामना मालवीय जी का है। महामना मालवीय जी ने एक ...
- फिर कायाकल्प में करना क्या पड़ता है?...? इसके लिए एक उदाहरण मैं आपको सुनाऊँगा। यह उदाहरण महामना मालवीय जी का है। महामना मालवीय जी ने कायाकल्प...
- फिर काहे में लगावें?...? आप इस अहंकार को महानता की दिशा में बढ़िए। हम महान बनेंगे। दूसरों की तुलना में हमारे गुण, हमारे कर्म औ...
- फिर किसका कमाल है?...? मित्रो, कमाल वहीं से निकलता है, जिसमें कि वाणी को परिष्कृत कर दिया गया हो। राजा परीक्षित के सामने यह...
- फिर किसका कमाल है?...? मित्रो, कमाल वहीं से निकलता है, जिसमें कि वाणी को परिष्कृत कर दिया गया हो। राजा परीक्षित के सामने यह...
- फिर किसका कसूर?...? कसूर सिर्फ उसका, जिसने अपना बर्तन, पात्र नहीं रखा। क्या हो पूजा का उद्देश्य? पात्रता का विकास करना...
- फिर किसका किससे जोड़?...? परमात्मा के साथ आत्मा का जोड़। इसको हम योग कहते हैं। आत्मा, परमात्मा के साथ जिस सहारे से, जिस सिद्ध...
- फिर किसका भजन करें?...? उसका करें, जो हमारे भीतर परमात्मा के रूप में, पुरुषोत्तम के रूप में, नारायण के रूप में, सुपर ईगो के ...
- फिर किसकी खाऊँ?...? अपनी साइकिल की खा, घड़ी की खा। हाँ साहब! घड़ी की कसम खाता हूँ। मुझे विश्वास नहीं होता कि भगवान क...
- फिर किसकी जीभ लाऊँ?...? प्लास्टिक की। अच्छा गुरुजी! प्लास्टिक की जीभ और दाँत लगा लूँगा, तो फिर मैं मंत्र कैसे बोलूँगा। देख ल...
- फिर किसकी जीभ लाऊँ?...? प्लास्टिक की। अच्छा गुरुजी! प्लास्टिक की जीभ और दाँत लगा लूँगा, तो फिर मैं मंत्र कैसे बोलूँगा? देख ल...
- फिर किसके लिए आते हैं?...? अपनी मुसीबतों की बात लेकर के आते हैं, कठिनाइयों की बात लेकर के आते हैं। दुःख-दरद की बात लेकर के आते ...
- फिर किसके लिए है?...? जिनका एकाउण्ट है, खाता है, पैसा जमा है, उनके लिए है।
बैंक के एक कैशियर को जो छः हजार शिलिंग मिलता...
- फिर किसने बनाई है?...? लाखों आदमियों ने, जिसके ऊपर कितना परीक्षण हुआ और कितनों ने संशोधन किया। कितनों ने उसमें हेर-फेर किया...
- फिर किसमें ताकत है?...? मित्रो! भजन में अगर ताकत है तो वह आदमी के ईमान से मिली हुई ताकत है। भजन से बड़ा ईमान है। भजन बड़ा नह...
- फिर किसमें ताकत है?...? मित्रो! भजन में अगर ताकत है तो वह आदमी के ईमान से मिली हुई ताकत है। भजन से बड़ा ईमान है। भजन बड़ा नहीं...
- फिर किसमें लगाएँ?...? आप इस अहंकार को महानता की दिशा में लगाएँ कि हम महान् बनेंगे। आप महान् बनिए। यह विचार कीजिए कि दूसर...
- फिर किससे नाराज होते हैं?...? वे इससे नाराज होते हैं कि हमने अपनी पात्रता का विकास नहीं किया। पात्रता का विकास करना, यही पूजा का...
- फिर किसी प्रयोजन में सफल हो सकना तो बन ही किस प्रकार पड़े?...? जीवन एक सुव्यवस्थित तथ्य है। वह न तो अस्त-व्यस्त है और न कभी कुछ करने, कभी न करने जैसा मनमौजीपन। पशु...
- फिर किसी बाहर वाले से माँगने जाँचने की दीनता दिखाकर आत्मसम्मान क्यों गँवाया जाय?...? भीतरी विशिष्ट क्षमताओं को ही तत्त्वदर्शियों ने देवी-देवता माना है और बाह्योपचारों के माध्यम से अन्तः...
- फिर कुछ और कमाल बताइये?...? इसके बीजमन्त्र बताइये, इसके नौ ओंकार लगाइये। लगाइये, हम कब मना करते हैं? एक पीछे ओंकार लगाइये, एक बी...
- फिर कुछ गम्भीर होकर बोले-‘आप ठीक कहते हैं, पर क्या आप मेरी विवश्ता के लिये मुझे क्षमा नहीं करेंगे?...? ’
‘कैसी विवशता?’ एक अध्यापक ने पूछा।
उपकुलपति थोड़ी देर मौन रहे, मानो वह वहाँ न हों। फिर कुछ सँभलकर ब...
- फिर कुछ दिनों बाद लोगों ने कहा कि यह इंसान नहीं है?...? यह भगवान है। इंसान वह आदमी है, जिनकी ख्वाहिशें उनको खाये जाती हैं। इंसान वह है, जो वासनाओं और तृष्णा...
- फिर कैसे देखोगे?...? ऐसे देखेंगे—जिसकी जटाएँ हों, जिसके बाल हों। चला जा मन्दिर में, गंगेश्वर महादेव के पास, वहाँ शंकर जी क...
- फिर कैसे फायदा हो सकता है?...? उसकी बात सही थी।
विधि से अध्यात्म नहीं समझ में आएगा
मित्रो! यही गलती हमारे आध्यात्मि...
- फिर कैसे बात बनेगी?...? " भगवान ने कहा—"नारद जी! हम कुछ नहीं कर सकते, हम मजबूर हैं।" हमने दुनिया बनाई है और दुनिया में कायदे...
- फिर कैसे वृद्धि होती?...? फिर वर्षा नहीं हो सकती थी। फिर मुसीबत आ जाती और बादल बदनाम हो जाते और संसार में तबाही आ जाती। इनसा...
- फिर कैसे हो गए?...? देवता उन पर प्रसन्न हुए थे और देवताओं ने उन्हें छोटे से बड़ा बना दिया था।
उन दिनों महाराजा काला ...
- फिर कैसे हो सकता है?...? बेटे, आध्यात्मिकता का लाभ प्राप्त करने के लिए यह आवश्यक है कि उसको हम भीतर धारण करें, हृदयंगम करें...
- फिर कोई भी चीज आपकी कैसे हो सकती है?...? आपने जो खा लिया, वह भी चीज आपकी नहीं हो सकती।
तृष्णा का संसार
मित्रो! क्या होता है? हमारा ...
- फिर कौन आदमी सुनेगा?...? रामायण की कथा हम सुन लेते हैं और जैसे ही आते हैं, पल्ला झाड़ करके आ जाते हैं। भागवत की कथा हम सुनकर...
- फिर कौन आदमी सुनेगा?...? रामायण की कथा हम सुन लेते हैं और जैसे ही आते हैं, पल्ला झाड़कर के आ जाते हैं। भागवत् की कथा हम सुनकर ...
- फिर कौन आने वाला है?...? अब देव का युग, सहृदयता का युग, सादगी, सज्जनता और सद्भावना का युग आने वाला है। ‘जाइंट’ जो जाने वाला ह...
- फिर कौन उठाएगा?...? कच्छप भगवान मुझे अपनी पीठ पर उठाएँगे। वह मछली सारे विश्व में फैल गई। वह असीम शक्ति सारे विश्व में सम...
- फिर कौन उठायेगा?...? कच्छप भगवान मुझे अपनी पीठ पर उठायेंगे। वह मछली सारे विश्व में फैल गई। वह असीम शक्ति सारे विश्व में स...
- फिर कौन काम करे?...? खाना पकाने वाली जिसके घर में हो, जो रोटी बना जाया करे। चौका-बरतन वाली चौका-बरतन कर जाया करे। बच्चा ख...
- फिर कौन काम करे?...? खाना पकाने वाली जिसके घर में हो, जो रोटी बना जाया करे। चौका-बरतन वाली चौका-बरतन कर जाया करे। बच्चा ख...
- फिर कौन दिखाता है?...? वह दिखाता है जिसको हम असली भगवान कहते हैं। असली भगवान क्या है? असली भगवान एक चेतना है, जो सारे विश्व...
- फिर कौन मरेगा?...? दानव मरेगा, बेअकली मरेगी। बेअकली के स्थान पर जो नया विश्व बनेगा, जिसका हम गठन करने वाले हैं, इसमें थ...
- फिर कौन से देवता आएँगे?...? ऊँचे ख्याल आएँगे, ऊँची भावनाएँ आएँगी। देवता इन्हीं का नाम है। ऊँचे विचारों का नाम देवता है। ऊँचे सिद...
- फिर कौन होते हैं?...? ये होते हैं—आदर्श, सिद्धान्त। इन्हीं का नाम हनुमान है, इन्हीं का नाम भगवान है। इन्हीं का नाम गणेश है।...
- फिर कौन-सी ऐसी बात है?...? काट, काट हर समय काट के अलावा कुछ नहीं आता, पर उन्होंने कभी किसी की परवाह नहीं की। आनन्द स्वामी आते थ...
- फिर कौन-सी चीज है आपके पास?...? आपके पास भगवान का ढकोसला है। ढकोसला कैसे होता है? अरे! आपने ढकोसला ही नहीं देखा। ढकोसला देखेंगे, तो ...
- फिर क्या कर देंगे?...? बेटे, हम जादू कर देंगे और चमत्कार कर देंगे। जादू किसे कहते हैं? आपका अभी सिर दर्द हो रहा है और अभी...
- फिर क्या करना चाहिए?...? अपना मनोबल ऊँचा करने के लिये आपको कोई संकल्प लेना चाहिए। संकल्प शक्ति का विकास करना चाहिए। संकल्...
- फिर क्या आप यहाँ से ऐसा नहीं बदल सकते?...? आप बदलिये। आप उज्ज्वल भविष्य की उम्मीदें कीजिये। आप एक अक्सर कल्पना करते रहते हैं, हमारा भविष्य ऐसा ...
- फिर क्या आप शरीर को ही महत्त्व देंगे?...? शरीर को महत्त्व नहीं देंगे—उनकी दिव्य चेतना को महत्त्व देंगे, जो हमारी रग-रग में समायी हुई है। जो हम...
- फिर क्या करता है?...? किसी पखेरू के ऊपर हमला करता है। उसके पेट में, सारे के सारे गरदन में अपने पंजे घुसेड़ देता है और ...
- फिर क्या करते थे?...? तपस्वी थे। उनकी यह तपस्या की शक्ति थी। तप की शक्ति से बेटे, विश्वामित्र ने नई सृष्टि बना दी थी। तप...
- फिर क्या करते हैं?...? खुराक में अपनी माँ का ही पेट खाना शुरू कर देते हैं। फिर क्या करते हैं? जब वे पेट में रहते हैं, तो अप...
- फिर क्या करना चाहिए?...? आदमी को ये करना चाहिए कि प्रत्येक कर्मकाण्ड के पीछे की विचारणाएँ, प्रेरणाएँ समझें। विचारणाएँ क्या है...
- फिर क्या करना चाहिए?...? अभी मैं भक्तियोग की निशानी बता रहा था कि ‘भक्ति’ शब्द जहाँ से आता है, उसे मोहब्बत कहते हैं। भक्ति ...
- फिर क्या करना चाहिए?...? आपको अपने व्यक्तित्व के साथ में उन गुणों को विकसित करना चाहिए, जो पारिवारिकता के साथ जुड़े हुए हैं। ...
- फिर क्या करना चाहिए?...? किफायतसार बनिये। किफायतसार अगर बनते हैं, तो आपको नौ सौ निन्यानवे बुराइयों से छुटकारा मिल जाएगा। जि...
- फिर क्या करना चाहिए?...? किफायतसार बनिये। किफायतसार अगर बनते हैं, तो आपको नौ सौ निन्यानवे बुराइयों से छुटकारा मिल जाएगा। जितन...
- फिर क्या करना चाहिए?...? मैं आपसे ये कह रहा हूँ, मैं आपकी श्रद्धा कमजोर नहीं करना चाहता हूँ।...
- फिर क्या करना पड़ेगा?...? आपने अनुष्ठान पूरा कर लिया। अब आप यहाँ से जाने वाले हैं तो जो हमने आपको पाँच उपासनाएँ छोटी-छोटी ...
- फिर क्या करना पड़ेगा?...? आपको अपने ऊपर संयम रखना पड़ेगा। अगर आप बाजार में कोका-कोला पिएँगे, तो आपको उलटी आनी चाहिए और आपको यह...
- फिर क्या करना पड़ेगा?...? आपको घर-घर जाना पड़ेगा। लोगों में रुचि पैदा करनी पड़ेगी। पिछड़ापन अगर ऐसा रहा होता, जो कहता है कि हम...
- फिर क्या करना पड़ेगा?...? अब मैंने आपको इसलिए बुलाया है कि हमको आपकी आवश्यकता आ पड़ी है। हम तीस साल से कुटुम्ब बनाकर रह रहे थे ...
- फिर क्या करना पड़े?...? गुरुजी को ही आपके पास आना पड़े और कहना पड़े कि हमारी मुसीबत दूर कर सकते हो तो कर दीजिए। विवेकानन्द के ...
- फिर क्या करना पड़ेगा?...? आप अपनी मर्जी से कुएँ में गिरिए और डुबकी लगाइये और मुझे खींचकर ले जाइये। मित्रो! काँटा से काँटा निकल...
- फिर क्या करना पड़ेगा?...? अब मैंने आपको इसलिए बुलाया है क हमको आपकी आवश्यकता आ पड़ी है। हम तीस साल से कुटुम्ब बनाकर रह रहे थे ...
- फिर क्या करना पड़ेगा?...? आपको अपना चिन्तन, चरित्र, दृष्टिकोण और भावना, लक्ष्य सब भगवान के साथ जोड़ देना पड़ेगा। अगर आप यह करने ...
- फिर क्या करने लगे?...? पहाड़ उठाने लगे, समुद्र छलाँगने लगे। एक लाख पूत सवा लाख नाती-दो लाख आदमियों से, दैत्यों से, जाइंटों स...
- फिर क्या करें?...? सारी जगह मरघट-सी जिन्दगी दिखाई पड़ती है और सारी दुनिया मरघट-सी दिखाई पड़ती है। इस मरघट में अब हम कहाँ...
- फिर क्या करें?...? आपको एक ऐसी बड़ी चीज मिली हुई है जिस नियामत पर आप बराबर गर्व अनुभव कर सकते हैं। वह क्या है? वह है—इंस...
- फिर क्या करें?...? (फिर) आप दो तरह के विचार करना शुरू कीजिए। ये विचार करने की श्रेणी है, ये ध्यान की श्रेणी नहीं है य...
- फिर क्या करें?...? फिर आप दो तरह के विचार करना शुरू कीजिए। यह विचार करने की शैली है। यह ध्यान की शैली नहीं है, यह विचार...
- फिर क्या करें?...? सारी जगह मरघट सी जिन्दगी दिखाई पड़ती है और सारी दुनिया मरघट सी दिखाई पड़ती है। इस मरघट में अब हम कहाँ ज...
- फिर क्या करें?...? जैसा आपने सुना होगा कि इलाहाबाद में कल्प-साधना के शिविर चलते हैं और वह त्रिवेणी के तट पर माघ के महीन...
- फिर क्या करेंगे?...? बेटे! हम आपको ज्ञान देंगे। कैसा ज्ञान देंगे? ऐसा, जिससे कि आप लोगों को सलाह दे सकने में समर्थ हो सके...
- फिर क्या करेंगे?...? हम बिज़नेस करेंगे। दो-तीन वर्ष के भीतर सारे-का-सारा पैसा समाप्त हो जाता है और फिर भूखों मरते हैं। क्...
- फिर क्या करेंगे?...? बेटे! हम आपको ज्ञान देंगे। कैसा ज्ञान देंगे? ऐसा जिससे कि आप लोगों को सलाह दे सकने में समर्थ हो सकें...
- फिर क्या करेगा उसका?...? टाँगूँगा। कैसे टाँगेगा, उलटा या सीधा? महाराज जी! टाँगूँगा तो सीधा। बेटे, हमारा कहना मान, तो उलटा टाँ...
- फिर क्या करेगा?...? फिर मैट्रिक करूँगा, फिर जूनियर हाई स्कूल करूँगा और फिर प्राइमरी स्कूल करूँगा और फिर उसके बाद ए० बी० ...
- फिर क्या करेगा?...? नेचर ने जानवर के लिए एक और चीज दी। वह क्या चीज दी? उस चीज का नाम है-वासना॥ नेचर ने जानवर को वासना द...
- फिर क्या करेगा?...? अगर नहीं माना तो बेकाबू बैल की तरह इधर-उधर सींग मारता फिरेगा। इसे खूटे से बाँध दे। फिर क्या करेगा? ख...
- फिर क्या करेगी देवी?...? बाल खाएगी? बाल तो बेटे ! तू कलकत्ते (कोलकाता) से भी पेटी में बन्द करके भेज सकता था। लो महाराज जी! देव...
- फिर क्या कहूँ?...? फिर कहना कि साहब! इसकी जगह प्लास्टिक के दाँत लगा दीजिए। नीचे से ऊपर तक प्लास्टिक के दाँत लगवा ले। और...
- फिर क्या कहें?...? हमारा धन, हमारा परिवार, हमारा यश, हमारा वर्चस्- इस तरह व्यक्तिवाद नहीं, समूहवाद को लेकर चलें। मिलज...
- फिर क्या काम करते हैं?...? हम पत्थर की मूर्ति को रोज नमस्कार करते हैं। रोज आरती उतारते हैं। रोज कपड़े पहनाते हैं। रोज मिठाई खिल...
- फिर क्या काम करें?...? ढेरों के ढेरों काम करने के लिए पड़े हैं। आप जहाँ रहते हैं, वहाँ पेट भरने के लिए काम करने के अतिरिक्त ...
- फिर क्या कारण हुआ कि गतिविधियाँ जाम करने का निश्चय बन पड़ा?...? इस नये निश्चय में कई पक्षों की कई प्रकार की हानियाँ दृष्टिगोचर हो सकती हैं।
तरह-तरह के असमंजस—
सर...
- फिर क्या कारण है कि घर के बाहर की बात सोचते ही उन मर्यादाओं का व्यतिक्रम होने लगे?...? नैतिक अतिक्रमण की दिशा में उठने वाले चरण एक के बाद दूसरे का क्रम अपनाते हुए अन्ततः उस अनुशासन की जड़े...
- फिर क्या कारण है कि मुझे अनायास ही ऐसे सिद्ध पुरुष का अनुग्रह प्राप्त हुआ?...? यह कोई छद्म तो नहीं है? अदृश्य में प्रकटीकरण की बात भूत-प्रेत से सम्बन्धित सुनी जाती है और उनसे भेंट...
- फिर क्या कारण है कि हमको अलग एकान्त में रहना पड़ा?...? अगले दिनों संकटों के घटाटोप और अधिक सघन होंगे, इसलिए उन्हें निरस्त करने और उज्ज्वल भविष्य का निर्म...
- फिर क्या किया?...? उनका ब्याह हुआ। वह भी एक यज्ञ में हुआ। आपने सुना होगा कि राजा जनक ने धनुष यज्ञ रचाया था। इसमें उनका ...
- फिर क्या किया?...? शिकायत। किससे गायत्री माता से। हनुमान चालीसा का पाठ किया। फिर शिकायत किया कि नहीं? हाँ महाराज जी...
- फिर क्या किया?...? जगत् गुरु शंकराचार्य ने चार तीर्थ बनाये थे, महावीर भगवान के समर्थ गुरु रामदास ने सारे महाराष्ट्र में...
- फिर क्या कीजिए?...? अच्छा तो खाना कहाँ से आएगा? खाना तो समाज से ही आएगा। और पहनने को? वह भी समाज से आएगा। तो जब सब समाज ...
- फिर क्या चक्कर है शक्कर का?...? बेटे ! कुछ नहीं है। क्या है? आपको यह मानकर चलना पड़ेगा कि मिठास जीवन को प्यारी है। अत: आपको भगवान का...
- फिर क्या चक्कर है?...? चक्कर कुछ भी नहीं है। हँस क्या होता है? बेटे हँस एक पखेरू होता है। और मनुष्य कौन होता है? मनुष्य र...
- फिर क्या चाहता है?...? ‘‘कामये दुःखतप्तानाम् प्राणिनां आर्त्तनाशनम्’’-संसार में जितने भी दुःखी प्राणी हैं, पिछड़े हुए लोग है...
- फिर क्या चीज देते हैं?...? वह चीज देते हैं, जिससे आदमी अपने बलबूते पर खड़ा हो जाता है और चारों ओर से सफलताएँ मिलती हुई चली जाती...
- फिर क्या चीज देते हैं?...? वह चीज देते हैं, जिससे आदमी अपने बलबूते पर खड़ा हो जाता है और चारों ओर से उसको सफलताएँ मिलती हुई चली ...
- फिर क्या चीज है?...? यह तो जालसाजी है। सच्चे प्रेम की कथा मित्रो! इसका एक और मजेदार उदाहरण है, जो मुझे बार-बार याद आ जा...
- फिर क्या चीज है?...? यह तो एक टेकनिक है। जैसे आरा चलाकर लकड़ी चीरना। और बहुत दूसरे धंधे हैं। स्कूली पढ़ाई इसमें क्या काम ...
- फिर क्या चुना जाए जबकि जीवन और मरण दोनों ही अनुपयुक्त अविश्वस्त दीखते हैं?...? इस असमंजस के बीच एक हल उभरता है कि भौतिक विज्ञान को अध्यात्म तत्त्व ज्ञान के साथ जुड़ना चाहिए था और ...
- फिर क्या जरूरी है?...? आप बेटे के लिए यह विरासत छोड़कर जाइए, ताकि लोग यह कह सकें, कि यह किसका बच्चा है। उससे आपका सम्मान ब...
- फिर क्या ताल्लुक है?...? माला की क्या जरूरत है? बेटे! लोग अपने मन की मलिनता को धोने के लिए माला करते हैं। माला अपने आप की...
- फिर क्या था?...? उसका कलेजा चौड़ा था। जिन आदमियों का कलेजा चौड़ा होता है, उनके चिन्तन का तरीका, सोचने का ढंग मक्खी-मच्...
- फिर क्या था?...? उसका कलेजा चौड़ा था। जिन आदमियों का कलेजा चौड़ा होता है, उनके चिन्तन का तरीका, सोचने का ढंग मक्खी मच्छर...
- फिर क्या दे सकते हैं?...? मित्रो! हमको अपने आप को, अपनी हस्ती को भगवान को प्रदान करना पड़ेगा। अपनी हस्ती को क्यों? अपनी हस्ती,...
- फिर क्या परिभाषाएँ हैं?...? पूजा के प्रतीकों का अर्थ
इसकी परिभाषा यह है कि पूजा के प्रतीक जब हम देवता के सामने रखते हैं, तो...
- फिर क्या फायदा करेंगे?...? बेटे, तू पहले विचार कर ले, कृपा का वायदा मैं नहीं कर सकता। मैं तुझे ले चल सकता हूँ, दिखा भी लाऊँगा, ...
- फिर क्या फायदा करेंगे?...? बेटे, तू पहले विचार कर ले, कृपा का वायदा मैं नहीं कर सकता। मैं तुझे ले चल सकता हूँ दिखा भी लाऊँगा, प...
- फिर क्या बात हुई?...? हमारी बात समाप्त हो गयी। इसलिए कि हम आपके पीछे बराबर लगे रहते हैं। इस शिविर में अपनी बैखरी वाणी से...
- फिर क्या बात है कि आप खाना नहीं खा रहे हैं?...? यह क्या है? अपनी इच्छा पूर्वक मुसीबत मोल लेना। आज क्या है? आज तो निर्जला एकादशी है। निर्जला एकादशी...
- फिर क्या बात है कि वे इतने मोटे हो जाते हैं?...? वे इतने मजबूत कैसे हो जाते हैं और बंगाल वाले कैसे कमजोर रह जाते हैं? यह सब वातावरण का कमाल है।इस सन्...
- फिर क्या बात है कि हिन्दू धर्म में देवताओं की शक्ल कैसे बना दी गयी?...? दूसरे धर्मों में देवताओं की शक्ल क्यों नहीं है? मुसलमान धर्म में भगवान की कोई शक्ल नहीं बन सकती। द...
- फिर क्या बात है?...? उसकी अपनी खूबसूरती है। आप भी अपनी खूबसूरती पैदा क्यों नहीं करते? आप अपने अन्दर वो विशेषताएँ क्यों...
- फिर क्या बात है?...? वास्तविकता क्या है? देववाद का रहस्य समझिए मित्रो! वास्तविकता वह है जो देववाद के पीछे रहस्य छिपा हुआ ...
- फिर क्या बुद्धि को कोसा जाए?...? नहीं, उसका निर्धारण तो भाव-सम्वेदनाओं के आधार पर होता है। भावनाओं में नीरसता, निष्ठुरता जैसी निकृष्ट...
- फिर क्या माँगना चाहिए और देवता क्या दे सकते हैं?...? मित्रो! अगर देवता कभी आपके ऊपर प्रसन्न होंगे, तो केवल गुण देंगे। गुणों से क्या हो जाएगा? जो कुछ भी ह...
- फिर क्या मिल गया?...? उसमें एक घटना मिल गई। नारद जी भी खुश हो गए और भगवान जी भी खुश हो गए। भगवान ने कहा कि अब हमारे लिए रा...
- फिर क्या मिला है?...? आदमी को सद्गुण मिले हैं, देवत्व मिला है और गुणों के आधार पर आदमी को विकास करने का मौका मिला है।...
- फिर क्या रखा जाएगा?...? आप क्या कहना चाहते हैं? मैं यह कहना चाहूँगा, कहना चाहता हूँ कि जो भी कर्मकाण्ड हैं, जो आपने सीखे हैं...
- फिर क्या रह जाएगा?...? फिर न जाने क्या हो जाएगा? अगर हमारे भीतर से प्राण निकल जाए, तो क्या हो जाएगा? फिर बेटे! हम लाश हो जा...
- फिर क्या लागत आएगी?...? बिक्री का काम उत्पादक का नहीं होना चाहिए। उत्पादक अलग हों और विक्रय करने वालों की संस्थाएँ अलग हों। ...
- फिर क्या विशेषता है शंकर जी में?...? बेटे, कुछ भी नहीं है। वह ज्ञान की गंगा है जो शंकर जी की जटाओं से निकलती है, मस्तिष्क से निकलती है।...
- फिर क्या हर्ज होगा?...? आपका ज्यादा हर्ज होगा। आप पछताते रहेंगे। जिस तरीके से कांग्रेस के आन्दोलन में जिन-जिन लोगों को तीन मह...
- फिर क्या हर्ज होगा?...? आपका ज्यादा हर्ज होगा। आप पछताते रहेंगे। जिस तरीके से कांग्रेस के आन्दोलन में जिन-जिन लोगों को तीन म...
- फिर क्या हुआ उनका?...? वहाँ लोग पूजा करते थे? पूजा ‘भी’ करते थे, पूजा ही नहीं करते थे। आज की खराबी यह है कि हमारे मन्दिरों ...
- फिर क्या हुआ उनका?...? वे बेचारे वैसे के वैसे जानवर के जानवर ही रह गये, पर जो अपनी जान हथेली पर रखकर उसमें शामिल हो गये, वे...
- फिर क्या हुआ उस काली का?...? क्या हुआ! जब रामकृष्ण परमहंस मरे, तो उनके साथ में काली भी मर गई। अब जिन्दा है? बेटे! अब तो मर गई। अब...
- फिर क्या हुआ?...? उन्होंने खोमचे वालों का सामान फैला दिया और मुसाफिरों को धक्के मारे। और क्या हुआ? और गुरुजी! उसने दीव...
- फिर क्या हुआ?...? फिर उस जटायु को भगवान राम ने अपने सीने से लगाया और उनके अश्रु उसके ऊपर पड़े और वह भगवान के लोक को चल...
- फिर क्या हुआ?...? भगवान ने अवतार लिया था और वह परशुराम जी का अवतार था। परशुराम जी के अवतार ने हाथ में एक कुल्हाड़ा लिय...
- फिर क्या हुआ?...? हुआ यों कि थोड़े दिन बाद लोगों ने कहा कि यह इनसान नहीं, भगवान है। इनसान वह आदमी है, जो वासनाओं, इच्छ...
- फिर क्या हुआ?...? फिर जो उनकी सीता जी थीं, जब उनको रावण ले जाने वाला था तो उन्होंने कहा कि आप वहाँ जाएँगी, तो बड़ी मुश...
- फिर क्या हुआ?...? लोगों ने कहना शुरू कर दिया—"अजब तेरी कुदरत, अजब तेरा खेल। छछूंदर के सिर पर चमेली का तेल।" छछूंदर कौन...
- फिर क्या हुआ?...? कोई लड़ाई- झगड़ा हुआ? नहीं, कोई लड़ाई- झगड़ा नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि लड़ाई- झगड़ा भी नहीं हुआ, तो फि...
- फिर क्या हुआ?...? हुआ यह कि जैसे तिब्बत में आप चले जाइये, वहाँ अहिंसा धर्म का पालन करने वाले मिलेंगे। सारा तिब्बत बौ...
- फिर क्या हुआ?...? ५६-५७ वर्ष की उम्र में लोगों ने देखा कि फिर उन्होंने कभी भी हुक्के को नहीं छुआ। लोगों ने कहा भी कि...
- फिर क्या हुआ?...? वह हवा में फैल गया। हमने घी को जलाया नहीं है, वरन् हमने उसे हवा में फैलाया है। किस तरीके से फैलाया ह...
- फिर क्या हुआ?...? उन सबके बिल बने और लैला के पास पहुँचे। यह क्या हुआ? अरे साहब! २००० रुपया खर्च हो गया। लैला को उसका ...
- फिर क्या हुआ?...? यह तो सब जानते ही हैं, इसलिए मैं उस गहराई में नहीं जाऊँगी; क्योंकि बात मुझे बहुत कहनी है। उसके पीछे ...
- फिर क्या हुआ?...? ' आपके ऐसे प्रश्न बच्चे को दूसरे की बातों में दखल देने की प्रेरणा देते हैं। बड़ों की बातचीत से बच्चा...
- फिर क्या हुआ?...? जो ब्रह्म बीज थे। गलते हुए चले गए। भूमि यदि सही नहीं है तो उसमें कुछ भी बोया जाएगा, तो नष्ट हो जाएगा...
- फिर क्या हुआ?...? उन्होंने खोमचे वालों का सामान फैला दिया और मुसाफिरों को धक्के मारे। और क्या हुआ? और गुरुजी! उसने दीव...
- फिर क्या हुआ?...? लोगों ने कहना शुरू कर दिया-'' अजब तेरी कुदरत, अजब तेरा खेल। छछूँदर के सिर पर चमेली का तेल। '' छछूँदर...
- फिर क्या हुआ?...? भगवान ने अवतार लिया था और वह परशुराम जी अवतार था परशुरामजी के अवतार ने हाथ में एक कुल्हाड़ा लिया और उ...
- फिर क्या हुआ?...? भगवान ने अवतार लिया था और वह परशुराम जी का अवतार था। परशुराम जी के अवतार ने हाथ में एक कुल्हाड़ा लिया...
- फिर क्या हुआ?...? वह जंगली जानवरों के तरीके से रहता था। बोलता भी वैसे ही था, चलता भी वैसे ही था। कच्चा माँस खाता था। क...
- फिर क्या है हँस?...? हँस बेटे! वह व्यक्ति है जिसकी दृष्टि ऋतम्भरा प्रज्ञा के अनुकूल है। ऋतम्भरा प्रज्ञा कैसी होती है, जैस...
- फिर क्या है हँस?...? हँस बेटे! वह व्यक्ति है जिसकी दृष्टि ऋतम्भरा-प्रज्ञा के अनुकूल है। ऋतम्भरा-प्रज्ञा कैसी होती है, जैस...
- फिर क्या है?...? अध्यात्म एक फिलॉसफी है। अध्यात्म भौतिक नहीं है, वह एक साइंस है। जमीन में से आप अनाज उगाइये। खेती−ब...
- फिर क्या है?...? इसमें कलेवर है। कलेवर कमाल करता है? हाँ, कलेवर की जरूरत है बेटे! कलेवर की तो आप निन्दा करते हैं। बेट...
- फिर क्या हो गई?...? फिर ऐसी ऋषि हुई कि तवारीख में उसका नाम हमेशा बना रहेगा। अंगुलिमाल एक निकम्मा आदमी था, घटिया आदमी था।...
- फिर क्या हो गया?...? बीबी आ गई, फिर बच्चे पर बच्चा आ गया। अरे महाराज जी! ये क्या हुआ? ये तो बच्चों की परेशानी आ गई। बेटे ...
- फिर क्या हो गया?...? फिर इनका नाम देवमाता हो गया। देवमाता कैसे हो गया? पहले ये ऋषियों के जमाने में केवल सिद्धान्त थीं, ब्...
- फिर क्या हो गया?...? बीबी आ गई, फिर बच्चे पर बच्चा आ गया। अरे महाराज जी! ये क्या हुआ? ये तो बच्चों की परेशानी आ गई। बेटे ...
- फिर क्या हो गया?...? फिर राजा दशरथ ने कहा—महाराज जी हमारे भी सन्तान नहीं होती। धत् तेरे की! तेरे परबाबा के सड़बाबा के भी न...
- फिर क्या हो जाएगा?...? कमी की पूर्ति हो जाएगी। अगली बार गलती नहीं होगी, काम बहुत अच्छा हो जाएगा।...
- फिर क्या हो जाएगा?...? देवी पर बाल चढ़ा देंगे। क्या करेगी देवी? बालों को खाएगी? नहीं, वह तो रोटी भी नहीं खाती। यदि बाल न चढ...
- फिर क्या हो जाएगा?...? फिर मजा हो जाएगा। फिर क्या हो जाएगा? फिर बहुत कुछ हो जाएगा, बहुत कुछ हो जाएगा, अपने फर्ज, फर्ज में क...
- फिर क्या हो जाएगा?...? वे सब मिनिस्टर हो जाएँगे। तू मिनिस्टर हो जाना, तेरे बहनोई, साला, पड़ोसी, नौकर-चाकर, जो भी जुए में पकड़...
- फिर क्या हो जाएगा?...? देवी पर बाल चढ़ा देंगे। क्या करेगी देवी? बालों को खाएगी? नहीं, वह तो रोटी भी नहीं खाती। यदि बाल न चढ़...
- फिर क्या हो जाएगा?...? देवी को बालों को चढ़ा देंगे। क्या करेगी देवी? बालों को खाएगी? रोटी नहीं खाती? नहीं, बाल खाती है। बाल ...
- फिर क्या हो जाएगा?...? महात्मा हो जाएगा, सत्पुरुष हो जाएगा, ज्ञानी हो जाएगा, तपस्वी हो जाएगा। अरे! तो तुम्हारी बत्ती जल तो ...
- फिर क्या हो जाता है?...? फिर आप अपनी ये जरूरतें पूरी कर लेते हैं। आपकी जरूरतों के लिए कभी किसी के आगे हाथ पसारने की जरूरत नही...
- फिर क्या हो जायेगा?...? आदमी के बराबर खौफनाक जानवर दुनिया के परदे पर कोई नहीं होगा। शेर मारकाट में तो बहुत ताकतवर होता है,...
- फिर क्या हो सकता है?...? आप ब्रह्मचारी हो सकते हैं? गृहस्थ होते हुए भी आप ब्रह्मचारी हो सकते हैं।
दूसरा पक्ष यह भी है कि ...
- फिर क्या होगा?...? खान-पान का जो लाभ होगा तो होगा ही, खान-पान के लाभों को मैं इतना महत्त्व देता नहीं, जितना कि इस बात क...
- फिर क्या होगा?...? मित्रो, इस दुनिया में मक्खी-मच्छर रहते हैं, तो क्या इनसे दुनिया की कोई शान है। कीड़े-मकोड़े टिड्डी, ...
- फिर क्या होगा?...? फिर आप पर सहयोग बरसेगा। ये क्या हो गया? ये सिद्धि नंबर दो है। ये किसकी सिद्धि हो गई। ये बाहर की सिद्...
- फिर क्या होगा?...? आपका एम० ए० हो जाएगा और फिर आप हमको एम० ए० बना दीजिए। बेटे! आपको हम एम० ए० कैसे बना दें। नहीं सा...
- फिर क्या होगा?...? अर्थशास्त्र के हिसाब से हमने, आपने, हरेक ने स्वीकार कर लिया है कि बुड्ढे बैल को कसाई के यहाँ जाना चा...
- फिर क्या होगा?...? आप अपने जीवन में हृदयचक्र को जगाइए जिसको जाग्रत करने के लिए हम आपसे कहते हैं। आप अपनी सहृदयता को जगा...
- फिर क्या होगा?...? भगवान की जो गरमी है, वह आपके भीतर आ जाएगी। अगर भगवान की विशेषता न आए तब? तब बेटे, शर्त है कि आप पकड़...
- फिर क्या होगा?...? फिर आप पर सहयोग बरसेगा। ये क्या हो गया? ये सिद्धि नंबर दो है। ये किसकी सिद्धि हो गई? ये बाहर की सिद्...
- फिर क्या होगा?...? फिर तुझे तीन महीने की जेल हो जाएगी और तेरे जितने सम्बन्धी हैं, उन सबको जेल हो जाएगी। तेरे साथ साथ में ...
- फिर क्या होगा?...? पढ़ाई और नौकरी बिलकुल अलग-अलग बात है।नौकरी का अर्थ यह जरूर है कि शिक्षा के साथ लोगों को इतना ज्ञान और...
- फिर क्या होता है?...? वह पक्षी उसी के—बाज के शरीर का अंग बन जाता है। कैसे? उसका रक्त, उसका माँस बाज के पेट में चला जाए...
- फिर क्या होता चला गया?...? भगवान श्रीकृष्ण ने कहा कि हम आपको शक्ति की सप्लाई करेंगे, लेकिन हम लड़ेंगे नहीं, लड़ेंगे आप। ठीक है।...
- फिर क्या होता है?...? देखने वालों को बड़ा मजा आता है। अरे साहब! बड़ा मजा आ गया। मित्रो! राजा-रजवाड़ों के जमाने में हाथी-हाथी ...
- फिर क्या होता?...? फिर कोई और मरता तो भले ही मरता, पण्डित जी के खानदान वाला कोई नहीं मरता, पण्डित जी के रिश्तेदार में एक ...
- फिर क्या होने वाला है?...? आदमी अब मरेगा। अब युद्ध होगा। फिर कौन मरेगा? दानव मरेगा, बेअकली मरेगी। बेअकली के स्थान पर जो नया विश...
- फिर क्यों अच्छा नहीं हुआ?...? अरे महाराज जी! खाया नहीं। खाया नहीं, तो अच्छा नहीं हो सकता। कोई भी मंत्र ऐसा नहीं है, जिसको आप जबान ...
- फिर क्यों उसी पिसे को पीसते रहा जाय?...? क्यों न जन सम्पर्क में उतरा जाय? क्यों न पुरातन काल जैसी घर-घर अलख जगाने वाली प्रक्रिया को पुनर्जीवि...
- फिर क्यों नहीं पड़ा?...? फिर क्या पढ़ते, जब हमारा बाप मर गया। आदमी को हर दिन जिस तरह से रोटी कमाते हैं, उसी तरह से अपनी ज्ञान,...
- फिर क्यों नहीं पढ़ा?...? फिर क्या पढ़ते, जब हमारा बाप मर गया। आदमी को हर दिन जिस तरह से रोटी कमाते हैं, उसी तरह से अपनी ज्ञान,...
- फिर गुरुजी क्या करेंगे?...? फिर बेटे यहीं बैठ जाएँगे कहीं पेड़ पर। गुरुजी व्याख्यान कीजिये। बेटे हम व्याख्यान नहीं कर सकते, क्यों...
- फिर जप करने के लिए क्यों कहा आपने?...? २४००० हजार जप कराने के लिए क्यों कहा? जप में हमको क्यों लगा दिया? आप रोज जप क्यों कराते हैं? बेटे! इ...
- फिर जब समृद्धि भी साथ हो तो कहना ही क्या?...? समस्त विश्व यह आशा लगाए बैठा है कि आज नहीं तो कल भारत से सूर्योदय होगा और उसकी प्रकाश किरणें सर्वग्र...
- फिर जहर कौन पियेगा?...? भगवान ने कहा—जहर पीने के लिए मैं मौजूद हूँ। मीरा पानी पियेगी और जहर मैं पियूँगा। जहर भगवान ने पि...
- फिर जहर किसने पिया?...? कृष्ण ने। कृष्ण पिएगा जहर? हाँ, कृष्ण ही पिएगा जहर और मीरा क्या पिएगी? मीरा, मीरा अमृत पिएगी। क्यों?...
- फिर जहाँ सब लोग शराब पी रहे होंगे, मुँह से बदबू आ रही होगी, तो मैं क्या करूँगा उस जन्नत में जा करके?...? जब हूरें आयेंगी, तो मैं कहूँगा कि तुमने गायत्री का अनुष्ठान किया था या नहीं? वह कहेगी कि आचार्य जी...
- फिर जाने क्या से क्या हो जाता है?...? पतन का मार्ग यहीं से आरम्भ होता है। ग्रैविटी—गुरुत्वाकर्षण पृथ्वी की हर चीज को ऊपर से नीचे की ओर खीं...
- फिर जिन्दगी भर बीमार नहीं होंगे क्या?...? बेटे जाते ही पंद्रह दिन पीछे फिर तुझे नयी बीमारी हो जायेगी। संयम तो रखता नहीं मूर्ख कहीं का। सारी ...
- फिर जिन पर कानून पालने के लिए विवश करने की, दण्ड देने-दिलाने की जिम्मेदारी है, वे राज्य कर्मचारी ही कहाँ दूध के धुले हैं?...? अपराधी से साँठ-गाँठ रखने की कला उन्हें भी आ गई है और उस दुर्बलता से ही भ्रष्टाचारी, हर सामाजिक मर्या...
- फिर जीता कौन?...? धर्म जीता और योग जीता और हारा कौन? 'मैं' हार गया, 'अहं' हार गया। रामचंद्र जी वनवास को चले गए और भरत ...
- फिर जीता कौन?...? धर्म जीता और योग जीता और हारा कौन? 'मैं' हार गया, 'अहं' हार गया। रामचंद्र जी वनवास को चले गए और भरत ...
- फिर जीवन का स्वरूप और रहस्य न समझने पर, उसकी साधना से विरत रहने पर कोई अभाव दारिद्र्य से, शोक-सन्ताप, पतन-पराभव से घिरा पड़ा रहे तो इसके लिए अन्य किसी को दोष कैसे दिया जाय?...? जीवन की अवहेलना से बढ़कर पाप इस संसार में और कोई नहीं। अन्य पापी के कर्ता को तत्काल लाभ तो मिल ही जात...
- फिर जीवन व्यवसाय जिसकी तुलना संसार की और किसी उपलब्धि के साथ नहीं की जा सकती, उसे अँधेरे में क्यों रखा जाय?...? उसके सम्बन्ध में स्पष्ट रूपरेखा क्यों न बने?हर दिन नया जन्म, हर रात नई मौत की अनुभूति यदि की जा सके ...
- फिर जेल से आकर के हम मुख्यमंत्री बन जायेंगे?...? पेंशन भी मिल जायेगी? नहीं बेटे, अब वह सब नहीं बनेगा। जो समय चला गया, सो अब नहीं आ सकता। मैं क्या...
- फिर जेलखाने में क्या दिक्कत थी?...? हम बन्धन में थे। आज हमारा मन है कि बाहर निकलकर अपने भाई साहब से मिलने जाएँगे। नहीं, आप नहीं जा सकते, ...
- फिर जड़ को क्यों नहीं समझते?...? जड़ को आप समझना ही नहीं चाहते। पहले देखिये, समझिये कि जड़ क्या होती है?मित्रो! जड़ वह है, जिसे मैं आप...
- फिर डरकर क्यों भागें?...? क्या हम सभी अपने साथी को छुड़ा न सकेंगे? अपना वह साथी कुछ ही क्षणों में मृत्यु का ग्रास बनने वाला है ...
- फिर डरने की क्या बात है?...? ’
छोटा बच्चा अकेला जाने को तैयार नहीं हुआ। उसने कहा- ‘मैं तो माँ- बाप की बात मानूँगा। मुझे अकेला जान...
- फिर तब आप क्या पैदा हो सकते थे?...? नहीं, आप पैदा नहीं हो सकते थे, फिर आप जाने कहाँ होते। कहीं हवा में बैठे होते। बाप के पेट में बैठे हो...
- फिर तरक्की होती रहती है, तो क्या हुआ?...? 275 रुपये मिलने लगे। मालवीय बनने के लिए कौन-सी चीज, कौन-सी विशेषता पैदा हुई, जो सामान्य लोगों के अंद...
- फिर तेरे सामने क्या आफत है?...? नहीं साहब, पेट पालना बड़ी समस्या है। पेट पालना कोई समस्या नहीं है। पेट किसी के पास ज्यादा तो नहीं है।...
- फिर तो आप कम्युनिस्ट हैं?...? कम्युनिस्ट तो नहीं हैं बेटे, पर हम कम्युनिस्टों की आवाज में आवाज लगाकर कह सकते हैं कि यह अवांछनीय अध...
- फिर तो आप कम्युनिस्ट हैं?...? कम्युनिस्ट तो नहीं हैं बेटे, पर हम कम्युनिस्टों की आवाज में आवाज लगाकर कह सकते हैं कि यह अवांछनीय अध...
- फिर तो आप नहीं माँगेंगे?...? बेटे! फिर मैं सौ करोड़ लेबर के लिए माँगूँगा। तो महाराज जी! आप इसमें कितना समय लगाएँगे? बेटे! सौ करोड...
- फिर तो आप नहीं माँगेंगे?...? बेटे! फिर मैं सौ करोड़ लेबर के लिए माँगूँगा। तो महाराज जी! आप इसमें कितना समय लगाएँगे? बेटे! सौ करोड़ ...
- फिर तो आप हमको भी मिल सकती हैं?...? " मिल तो सकती हूँ, लेकिन जो तरीका इसमें रहने वाले आदमियों ने अख्तियार किया, वही तरीका आपको अख्तियार ...
- फिर तो गायत्री माता पीछे आयेंगी?...? हाँ बेटे, गायत्री माता पीछे आयेंगी। पहले नहीं आ सकतीं? हाँ बेटे, पहले नहीं आ सकतीं। पहले सरस्वती की ...
- फिर तो बेटे, पैसा मेरे ऊपर कहाँ से बरसता हुआ चला गया?...? अपनी जिन्दगी में मैंने करोड़ों रुपया खरच किया। एक-एक हजार कुण्ड के यज्ञ किए। जब मैं मथुरा से विदा हुआ ...
- फिर तो महाराज जी, मैं खा लूँ?...? खा ले बेटे, तेरे चेहरे पर चमक आ जाएगी, तू मोटा हो जाएगा। अच्छा लाइए, एक किलो का डिब्बा है, मैं तो आज...
- फिर तो महाराज जी, मैं खा लूँ?...? खा ले बेटे, तेरे चेहरे पर चमक आ जाएगी, तू मोटा हो जाएगा। अच्छा लाइए एक किलो का डिब्बा है, मैं तो आज ...
- फिर तो हमें गंगा नहाना पड़ेगा?...? चाहे आप गंगा नहाना और चाहे जितने दान-पुण्य करना, हम तो काबू में आने वाले हैं नहीं।
हम तो पक्के है...
- फिर दरवाजा खटखटाने के लिए राम वहाँ क्यों जाते?...? उसने जिस तीसरी आँख को खोला, वह शंकर जी की तीसरी आँख है। जिसका व्याख्यान रामायण के पन्ने- पन्ने म...
- फिर दर्शन का क्या फायदा होता है?...? दर्शन किसे कहते हैं? दर्शन कहते हैं फिलॉसफी को। संस्कृत में दर्शन का अर्थ होता है-फिलॉसफी को समझना। ...
- फिर दान क्यों दे रहा था?...? ठीक है, कोई आदमी मुसीबत में फँसा हुआ है, तो उस मुसीबत में फँसे आदमी को राहत पहुँचाने के लिए सामयिक स...
- फिर दान से कोई फायदा?...? नहीं, दान से कोई फायदा नहीं है।
सच्ची बात तो यह है कि उससे नुकसान बहुत है। देने वाले का नुकस...
- फिर दीपक जलाने की आवश्यकता क्या है?...? दीपक जलाने की जरूरत केवल यह है कि हम अपने जीवन में एक तरह की भावना का विकास करें कि भगवान को दीपक प्...
- फिर दीपक जलाने की आवश्यकता क्या है?...? दीपक जलाने की जरूरत केवल यह है कि हम अपने जीवन में एक तरह की भावना का विकास करें कि भगवान को दीपक प्...
- फिर दीपक जलाने से क्या मतलब है?...? हमको तो दीपक जलाने की जरूरत होती है; क्योंकि दिन में जब अँधेरा हो जाता है और बादल छा जाते हैं और प्र...
- फिर दुनिया भर का बहुरूपियापन क्यों बनाया?...? नहीं साहब! कमजोर थे। हनुमान जी कमजोर थे। हाँ बिल्कुल कमजोर थे। भाईसाहब! वह अध्यात्म, जिसकी ओर मैं आप...
- फिर दुनिया में तरह-तरह की शक्लों वाले भगवान कैसे हो गए?...? बेटे, मुसलमानों ने अपना दाढ़ी वाला बना लिया है, हमने अपना मोर मुकुट वाला बना लिया है। अमुक ने अपना अ...
- फिर देखना आँखों का चमत्कार कैसे होता है?...? गुरु जी, सिद्धियों का दूसरा तरीका बताइए? क्या तरीका बताएँ? कोई ऐसा मंत्र बताइए कि जिससे काली हमारे क...
- फिर देखिए आपका काम कैसा बढि़या, कैसा शानदार, कैसा अच्छा खूबसूरत काम हो गया?...? इस तरीके से विचारों का संयम एक, समय का संयम दो, पैसे का संयम तीन और इंद्रियों का संयम चार। चार संयम ...
- फिर देखिए आपका भविष्य कैसे शानदार बनता है?...? कायाकल्प से हमारा उद्देश्य यही था और आपको भी कायाकल्प का यही उद्देश्य समझना चाहिए और अपनी तैयारी के ...
- फिर देखिए आपकी बोली कितने की लगेगी?...? करोड़ों की, अरबों की लगेगी। उतनी लगेगी, जितनी गाँधी जी के सिर की लगी थी। किसी ने यह कहा था कि गाँधी ...
- फिर देखिए कि आप ऋषि बनते हैं कि नहीं बनते?...? फिर देखिए कि आपको भगवान का अनुग्रह प्राप्त होता है कि नहीं? ये सभी चीजें आपको प्राप्त होती चली जाती ...
- फिर देखिए कि आप ऋषि बनते हैं कि नहीं बनते?...? फिर देखिए कि आपको भगवान का अनुग्रह प्राप्त होता है कि नहीं? ये सभी चीजें आपको प्राप्त होती चली जाती ...
- फिर देखिए कि आपको भगवान का अनुग्रह प्राप्त होता है कि नहीं?...? ये सभी चीजें आपको प्राप्त होती चली जाती हैं। शर्त यही है कि आप अपने आप को, अपने जीवन को, अपनी विचारण...
- फिर देखिए कि आपको भगवान का अनुग्रह प्राप्त होता है कि नहीं?...? ये सभी चीजें आपको प्राप्त होती चली जाती हैं। शर्त यही है कि आप अपने आप को, अपने जीवन को, अपनी विचारण...
- फिर देखिए कि उसके बदले में आपको क्या-क्या मिलता है?...? दुनिया के महापुरुषों में से एक-एक का जीवन इतिहास उठाकर आप देख लीजिए, हरेक के जीवन में सेवा का समावेश...
- फिर देखिए कि जीवन में क्या-क्या चमत्कार होते हैं?...? आप जनहित में, लोकमंगल में, पिछड़ों को ऊँचा उठाने में अपना श्रम, समय, साधन लगाएँ। अगर आप इतना करेंगे त...
- फिर देखिए कि वह गन्दी रहेगी कि साफ होगी?...? साफ होगी।
साधना ऐसे जीवन्त होगी
गुरुजी! और क्या बताएँगे? बता तो रहे हैं। बेटे, प्रत्य...
- फिर देखिए कि वह गन्दी रहेगी कि साफ होगी?...? साफ होगी। साधना ऐसे जीवन्त होगी गुरुजी! और क्या बताएँगे? बता तो रहे हैं। बेटे, प्रत्येक क्रिया के साथ...
- फिर देखिए क्या हाल है?...? इन पुजारियों में हर आदमी मामूली मजदूर को अपेक्षा, एल० डी० सी० क्लर्क की अपेक्षा, प्राइमरी स्कूल के म...
- फिर देखिए फसल कैसी होती है?...? वह ऐसी बढ़िया फसल होती है कि बस, भगवान की खेती को रोज-रोज काटो। जो बोया ही नहीं है, उसे काट कैसे सकत...
- फिर देखिए फसल कैसी होती है?...? वो ऐसी बढ़िया फसल होती है कि बस भगवान की खेती को रोज-रोज काटो। जो बोआ ही नहीं है, उसे काट कैसे सकते ...
- फिर देखिए हम क्या व्यवस्था करते हैं?...? नारी का जागरण करने के लिए एक भी किताब अभी तक नहीं लिखी जा सकी है, जो महिलाओं में जीवट उत्पन्न कर सके...
- फिर देखिए, क्या होता है?...? देखते-देखते टी.बी. का रोगी वह व्यक्ति पहलवान चन्दगीराम बन गया।आप में से हर व्यक्ति पहलवान बन सकता है...
- फिर देखिये आप कितने मजे में और कितने खुशहाल रहते हैं?...? कितने प्रसन्नचित्त रहते हैं? कितना आपको सन्तोष मिलता है, सम्मान मिलता है, कितना आपको भगवान का अनुग्र...
- फिर देखिये आपका काम कैसा बढ़िया, कैसा शानदार, कैसा अच्छा खूबसूरत काम हो गया?...? इस तरीके से विचारों का संयम-एक, समय का संयम दो, पैसे का संयम तीन और इन्द्रियों का संयम-चार; चार संयम...
- फिर देखिये कि आपकी ऊँचाई बेल के बराबर—पेड़ के बराबर होती है कि नहीं?...? पेड़ कितना ऊँचा है? बहुत ऊँचा है। और भगवान कितना ऊँचा है। बहुत ऊँचा है आप जरा गुँथ के देखिये न, उसके ...
- फिर देखिये क्या परिणाम निकलता है?...? मित्रो! आपने ईमानदारी को, ईमानदार का दोहन किया है। आपने नकली ईमानदारी से फायदा उठाया है। असली ईमान...
- फिर देवता धनी कैसे हो सकता है?...? बेटे! देवता धनी ऐसे होता है, जिसके धन की मैं तुझे फिलॉसफी समझाना चाहता हूँ। धन क्या होता है? धन मित्...
- फिर देवता धनी कैसे हो सकता है?...? बेटे! देवता धनी ऐसे होता है, जिसके धन की मैं तुझे फिलॉसफी समझाना चाहता हूँ। धन क्या होता है? धन मित्...
- फिर देवत्व की व्याख्या दयालुता के अर्थ में कौन करेगा?...? हो सकता है कि किसी माँसाहारी को अपने अभक्ष्य भोजन को भी देवता का प्रसाद समझकर खाने की सूझी हो और उसन...
- फिर देवमानव कैसे हुए?...? मित्रो! देवमानव इसीलिए हुए कि उनका भीतर वाला हिस्सा, जिसको हम अन्त:करण कहते हैं, बहुत मजबूत और बलवान ...
- फिर दौलत का फायदा कैसे उठा सकते हैं?...? मित्रो! यह मैं शक्ति की बात कह रहा था। शक्ति, जिसको हम तपश्चर्या कहते हैं। तप के मार्ग में परेशानी ह...
- फिर धर्मतन्त्र से लोकशिक्षण का प्रयोग पूरा करने वाली सैकड़ों की संख्या में लिखी गईं पुस्तकें मात्र एक ही व्यक्ति के बलबूते किस प्रकार होती रह सकती थीं?...? यह लेखन कार्य जिस दिन से आरम्भ हुआ, उस दिन से लेकर आज तक बन्द ही नहीं हुआ। वह बढ़ते-बढ़ते इतना हो गया ...
- फिर न जाने क्या हो जाएगा?...? अगर हमारे भीतर से प्राण निकल जाए, तो क्या हो जाएगा? फिर बेटे! हम लाश हो जाएँगे। हमारा नाम क्या हो गय...
- फिर नए जानवर हम कहाँ से पालेंगे?...? इनको हम भूसा कहाँ से खिलाएँगे? इनकी एक ही रेमिडी है कि इन बुड्ढे जानवरों को, चाहे वे गाय हों, चाहे व...
- फिर नए जानवर हम कहाँ से पालेंगे?...? इनको हम भूसा कहाँ से खिलाएँगे? इनकी एक ही रेमिडी है कि इन बुड्ढे जानवरों को, चाहे वे गाय हों, चाहे व...
- फिर निराशा का क्या काम?...? निराश क्यों होंगे? आप बुज़दिल क्यों होंगे? आप हमारी तरह से उदार होइए। हमारी तरह से पिघलने वालों में ...
- फिर निराशा का परिणाम क्या होगा?...? निराशा का परिणाम यह होगा कि उस सिद्धान्त के प्रति आपकी आस्था कमजोर हो जाएगी। आस्था कमजोर हो जाने के ब...
- फिर निष्कलंक कौन हो सकता है?...? निष्कलंक एक ही हो सकता है और उसका एक ही नाम है—विवेक। ऋतंभरा प्रज्ञा।
अवतार का साथ दीजिए
...
- फिर निष्कलंक कौन हो सकता है?...? निष्कलंक एक ही हो सकता है और उसका एक ही नाम है-विवेक, ऋतम्भरा प्रज्ञा। अवतार का साथ दीजिए ऋतम्भरा प्...
- फिर नुकसान किससे है?...? चिन्ता से नुकसान है। चिन्ता क्या बीमारी है? बेटे, चिन्ता एक विकृति का नाम है। निराशा एक विकृति का ...
- फिर पण्डा, पुजारियों से ले करके और दूसरे लोगों तक, जिनके चरित्रों के लिए मैं क्या कहूँगा?...? मैं नहीं चाहता कि हमारी जुबान को गन्दा कराइए। धर्मवालों के बारे में, पुजारियों के बारे में, पण्डों के...
- फिर पाप करने वालों की रोकथाम कैसे होगी?...? फिर पाप से किसी को डर कैसे लगेगा? मैं चाहता हूँ कि इस गन्दी चीज को, जो अध्यात्म के नाम पर लोगों के दि...
- फिर पाप के फलों का क्या होगा?...? फिर पाप करने वालों की रोकथाम कैसे होगी? फिर पाप से किसी को डर कैसे लगेगा? मैं चाहता हूँ कि इस गन्दी च...
- फिर पाप से किसी को डर कैसे लगेगा?...? मैं चाहता हूँ कि इस गन्दी चीज को, जो अध्यात्म के नाम पर लोगों के दिमाग में भर गयी है, उसे उखाड़ दिया ज...
- फिर पापों का सवाल कहाँ रहा?...? धृष्टता सवाल कहाँ रहा? इतना करने के बाद में एक और बड़प्पन की बात हो जाती है। फिर आप किफायतसार हो जाते...
- फिर पार्वती जी ने क्या काम किया था?...? पार्वती जी ने महादेव जी को मिठाई खिलाई थी? नहीं महाराज जी! मिठाई नहीं खिलाई। तो क्या किया था? तप क...
- फिर पीले रंग से क्या लेना-देना?...? दिशाएँ सही हों तो लक्ष्य मिलकर रहेगा फिर क्या हुआ? आपकी दिशाएँ हमने बदल दी, आपका लक्ष्य बदल दिया और ...
- फिर पुरुषों के सिर की रक्षा क्यों नहीं की जानी चाहिए?...? पुरुषों के सिर की रक्षा की जानी चाहिए। उनको भी घूँघटों में बन्द किया जाना चाहिए। उनको भी घर में बन्...
- फिर पूछतीं चाय नहीं पी?...? यहाँ ठण्ड है, चाय नहीं पियेगा तो मरेगा क्या? चल! चाय पी।
कभी-कभी परिजनों को डाँट कर भी भोजन करा देत...
- फिर पूछा-‘‘तुम्हारा क्या नाम है?...? ’’ उसने कहा-‘‘मुन्ना।’’
गुरुजी को झट से चुहल सूझी और जोर से बोले-‘‘वीरेश्वर! इधर आना।’’ और वे पैर क...
- फिर पूजा का उद्देश्य, प्रार्थना का उद्देश्य क्या है?...? इसका उद्देश्य खुशामद करना नहीं है। भगवान को चीजों की कमी पड़ती हो, ऐसी भी बात नहीं है। भगवान के पास...
- फिर प्रयोग में दस-पाँच आयुध ही आने के उपरान्त जो बचेंगे, उन्हें कहाँ रखा जायेगा?...? वे विकिरण फैलाते हैं और अन्त में कहीं-न समापन के लिए जगह माँगते हैं। इन भट्ठियों में से निकली हुई रा...
- फिर प्रेम, सदाचार, सेवा, न्याय-नीति, सौजन्य, सौहार्द, उदारता, सहानुभूति आदि आनन्ददायक प्रवृत्तियों की तो बात ही क्या?...? एकाकी मनुष्य के लिए तो उनसे परिचित हो पाना भी सम्भव नहीं। सामाजिक, आर्थिक, सांस्कृतिक, औद्योगिक, वैज...
- फिर पढ़ने में क्या हर्ज था?...? पढ़ने में कोई हर्ज नहीं था। विनोबा भावे के बाप जिन्दा हैं? नहीं साहब! मर गये; लेकिन विनोबा भावे कई भाष...
- फिर फायदा क्या होगा?...? हम उस पुल के लिए रास्ता खोलेंगे, जिस पुल पर से होकर ये रीछ-वानर पार हो सकें और रावण को मार सकें। इसल...
- फिर फायदा क्या होगा?...? हम उस पुल के लिए रास्ता खोलेंगे, जिस पुल पर से होकर ये रीछ-वानर पार हो सकें और रावण को मार सकें। इसल...
- फिर बच्चा कैसे हो गया?...? नारद जी गुस्से में विष्णु भगवान को वहाँ ले गए, जहाँ बच्चा खेल रहा था। देखिये तो सही, यह बच्चा किसका ...
- फिर बच्चे को पाँच रुपए देने से क्यों इनकार कर रहा था?...? इसलिए कि वह अपने लिए माँगता है, ऐय्याशी के लिए माँगता है, बेकार की खातों के लिए माँगता है। इसलिए बाप...
- फिर बच्चे को पाँच रुपये देने से क्यों इनकार कर रहा था?...? इसलिए कि वह अपने लिए माँगता है, ऐय्याशी के लिए माँगता है, बेकार की बातों के लिए माँगता है। इसलिए बाप...
- फिर बच्चों को कहाँ से खिलायेंगे?...? समझदार लोगों ने उसको सलाह दी कि कम से कम एक प्राणी को न मारने का संकल्प ले ले, तो भी तेरी अहिंसा...
- फिर बताइए कैसे काम चलाएँगे?...? समस्याओं को कैसे हल करेंगे? जो चीज आपके काम की थी दिमाग, उसको तो आपने गरम कर डाला, जला डाला। आप चाहे...
- फिर बताइए कैसे काम चलाएँगे?...? समस्याओं को कैसे हल करेंगे? जो चीज आपके काम की थी दिमाग, उसको तो आपने गरम कर डाला, जला डाला। आप चाहे...
- फिर बताइये आपकी परिस्थितियाँ अनुकूल कैसे हो सकती हैं?...? भगवान की परिस्थितियाँ जब अनुकूल नहीं हुईं, तो अगर आप ये सपना देखते हैं कि हमारी मनोकामनाएँ पूरी हो ज...
- फिर बताइये कर्जदार क्यों कर न बनें?...? आपका धोबी महीने में १० रुपये आपसे कमा लेता है। आप दो दिन तक एक धुली हुई कमीज नहीं पहनते। पैण्ट की क्...
- फिर बताइये जेवर किस तरीके से बनेगा?...? इसलिए गरम करना आवश्यक है। जो आदमी साधना के बारे में दिलचस्पी रखते हैं या उससे कुछ लाभ उठाना चाहते है...
- फिर बहुत जगह मेरे ट्रांसफर बने हुए पड़े हैं?...? मैं बिस्तर उठाने वाला हूँ।
आपको यहाँ बुलाने का उद्देश्य
साथियो! मैं आपको यहाँ क्यों ...
- फिर बहुत जगह मेरे ट्रांसफर बने हुए पड़े हैं?...? मैं बिस्तर उठाने वाला हूँ। आपको यहाँ बुलाने का उद्देश्य साथियों! मैं आपको यहाँ क्यों बुलाता हूँ? मैं...
- फिर बाकी का जो समय बचता है, उसका क्या उपयोग करिएगा?...? मैं तो आपसे एक निवेदन करती हूँ कि चाहे आप पाँच माला करना, तीन माला करना, तीन न बने तो एक ही करना। एक...
- फिर बाग किस तरीके से बनेगा?...? यह काम केवल धर्मतंत्र कर सकता है। असली शक्ति-क्षमता धर्मतंत्र के हाथों में है। राजतंत्र केवल कानून...
- फिर बाग किस तरीके से बनेगा?...? यह काम केवल धर्मतंत्र कर सकता है। असली शक्ति-क्षमता धर्मतंत्र के हाथों में है। राजतंत्र केवल कानून ब...
- फिर बात ही बात में पूछा, ‘‘कितनी बारात जायगी?...? ’’ उत्तर मिला-‘‘पूरा गाँव तैयार है। एक हजार तो हो ही जायेंगे।’’ सुनकर मेरी तो सिट्टी-पिट्टी गुम थी। ...
- फिर बार-बार क्यों करते हैं?...? जैसे पत्थर के ऊपर रस्सी की रगड़ पड़ती है तो निशान पड़ जाता है। यह हमारा पत्थर वाला दिल है, इस पर राम...
- फिर बुड्ढे कहाँ जाएँगे?...? फाँसीघर में। तैयार हो जाइए, भइया आते हैं। अब यही होगा। तो क्या आप संस्कृति को खतम कर रहे हैं? संस्कृ...
- फिर बुड्ढे कहाँ जाएँगे?...? फाँसीघर में। तैयार हो जाइए भइया आते हैं। अब यही होगा। तो क्या आप संस्कृति को खत्म कर रहे हैं? संस्कृ...
- फिर बेटे, इससे मेरा क्या हर्ज हो गया?...? संघर्ष का नाम जीवन है मित्रो! अगर हम अच्छे विचारों को ग्रहण करना और जीवन में उन्हें आत्मसात् ...
- फिर बेटे, तुम्हारे गुरुजी का नाम भी तो श्रीराम है तो फिर मैं कौन हुई, सीता हुई कि नहीं?...? रहने दे, नाम भगवती है तो क्या मतलब, आखिर पत्नी हूँ उनकी। एक मायने में तो मैं कहती हूँ कि सीता से भी ...
- फिर बेटे, बात कैसे बनेगी?...? आपको अपनी कमाई का एक हिस्सा भगवान के काम में लगाना ही चाहिए। नहीं साहब! हम तो नहीं लगा सकते, तो फिर ...
- फिर बैरी हमारा क्या बिगाड़ लेगा?...? अगर मेरी कजा आयेगी, तो मैं आत्मा हूँ, अपना चोला बदल डालूँगा। मौत हमारा क्या बिगाड़ लेगी? बाहर का बैरी...
- फिर बोलीं, ‘‘बहू खाना खिलाती है कि नहीं?...? ’’
क्योंकि, भोजन में परहेज चल रहा था। लम्बे समय से वे केवल उबला भोजन ही ले रहे थे। सो बोले, ‘‘अब, ख...
- फिर बोले, अब तो आ गये, अब कहाँ जाओगे?...? बात साधारण थी पर अलौकिक थी, क्योंकि उसके बाद मैं उन्हीं का हो गया। साधारण में भी कितनी असाधारण बात क...
- फिर भगवान की, ब्रह्म की नाप-जोख कैसे हो सकती है?...? सम्भव नहीं है।
हर इनसान में ईश्वर
मित्रो! अब एक और सूत्र सामने आता है; जिसका नाम है...
- फिर भगवान के लिए उसके पास क्या बचेगा?...? कुछ नहीं बचेगा, केवल उसके पास क्रियाकृत्य रह जाता है। इस तरह वह उद्देश्य अधूरा रह जाता है, जो आध...
- फिर भगवान को एक स्थान पर बिठाने और खाना खिलाने की क्या जरूरत पड़ गई?...? यह विचारणीय प्रश्न है। भगवान तो बादलों को बरसाते हैं। जरूरत पड़े, तो जहाँ कहीं वर्षा हुआ करे, वहाँ ...
- फिर भगवान को एक स्थान पर बिठाने और खाना खिलाने की क्या जरूरत पड़ गई?...? यह विचारणीय प्रश्न है। भगवान तो बादलों को बरसाते हैं। जरूरत पड़े तो जहाँ कहीं वर्षा हुआ करे, वहाँ जा...
- फिर भगवान को एक स्थान पर बिठाने और खाना खिलाने की क्या जरूरत पड़ गई?...? यह विचारणीय प्रश्न है। भगवान तो बादलों को बरसाते हैं। जरूरत पड़े, तो जहाँ कहीं वर्षा हुआ करे, वहाँ ज...
- फिर भगवान को स्नान कराने की क्या जरूरत थी?...? मित्रो, ! भगवान तो एक विचारणा है, भावना है, एक चेतना है। उनको एक जगह बिठाया जाए, ये कैसे मुमकिन हो स...
- फिर भगवान को स्नान कराने की क्या जरूरत थी?...? मित्रो! भगवान तो एक विचारणा है, भावना है, एक चेतना है। उनको एक जगह बिठाया जाए, ये कैसे मुमकिन हो सकत...
- फिर भगवान् को स्नान कराने की क्या जरूरत थी?...? मित्रो,! भगवान् तो एक विचारणा है, भावना है, एक चेतना है। उनको एक जगह बिठाया जाए, ये कैसे मुमकिन हो...
- फिर भजन-पूजन कैसे कर सकते हैं?...? परब्रह्म की कौन पूजा करेगा? परब्रह्म की ओर ध्यान भी नहीं हो सकता। परब्रह्म के तो कायदों का पालन हो स...
- फिर भी आप मूर्ति पूजा को महत्त्व देते हैं?...? एक आदमी ने मदन मोहन मालवीय से प्रश्न किया-मालवीय जी बोले ‘क’ माने कबूतर और ‘ख’ माने खरगोश भी तो नहीं...
- फिर भी एक प्रश्न
सर्वथा अनसुलझा ही रह जाता है कि यह तथाकथित प्रगति, अपने साथ दुर्गति के असंख्यों
बवण्डर क्यों और कैसे घसीटती, बटोरती चली जा रही है?...?
मनुष्य जाति आज जिस दिशा में चल पड़ी है, उससे उसकी महत्ता ही नहीं, सत्ता का भी
समापन होते दी...
- फिर भी एक प्रश्न यथावत् रह जाता है क्या इससे उस उद्देश्य की पूर्ति हुई जो ऋषियों ने कभी विचारा था?...? जिस आधार पर यह प्रचलन चला था?तीर्थों को सुन्दर एवं आकर्षक बनाने में उन लोगों ने अधिक उत्साह दिखाया ह...
- फिर भी एक प्रश्न सर्वथा अनसुलझा ही रह जाता है कि यह तथाकथित प्रगति, अपने साथ दुर्गति के असंख्यों बवण्डर क्यों और कैसे घसीटती, बटोरती चली जा रही है?...? प्रदूषण, युद्धोन्माद, खाद्य-संकट अपराधों की वृद्धि आदि समस्याएँ समस्त तटबन्ध तोड़ती चली जा रही हैं।...
- फिर भी कितने मनुष्य हैं, जो आत्म-स्वरूप को जानते हैं?...? तोता रटन्त दूसरी बात है। लोग आत्म-ज्ञान की कुछ चर्चा को सुनकर उसे मस्तिष्क में रिकार्ड की तरह भर लेत...
- फिर भी क्यों बार-बार भूल जाते हैं?...? और वह करुणामयी माँ, हमें हमारी भूलों को सुधार कर पुनः-पुनः स्मरण करा देती हैं।
बस दो ही पुस्तकें प...
- फिर भी भ्रान्तियों के जाल-जंजाल से निकलने के लिए आवश्यक समझा गया कि क्यों न अपनी काया की प्रयोगशाला में तथ्य का निरीक्षण-परीक्षण करके देखा जाए?...? इसमें हानि ही क्या है? अपने प्रयोग यदि खरे उतरते हैं तो उससे श्रद्धा-विश्वास की अभिवृद्धि ही होती है...
- फिर भी वह यदि सम्भव हो जाता है, तो उससे इंकार कैसे किया जा सकता है?...? पिछड़ों का संकल्प के स्तर तक पहुँचना असाधारण रूप से समय साध्य और कष्ट साध्य माना जाता है। फिर भी पिछ...
- फिर भी हमने स्त्रियों को इससे वंचित क्यों किया?...? यह एक मूल प्रश्न हम सबके सामने हैं। हम पूछते हैं कि आप क्या लड़की का कन्यादान करेंगे? क्यों? यह कोई ब...
- फिर भेदभाव किस बात का?...? लड़की और लड़के में अन्तर किसलिए? दोनों के मूल्यांकन में न्याय-तुला की डण्डी मारने की मान्यता किस लिए...
- फिर भोक्ता और भोग्य का रिश्ता तो बन ही कैसे सकता है?...? माता और सन्तान में कौन किसका उपभोक्ता हुआ — इसका उत्तर देना कठिन है। माता गाय या धाय नहीं है। सन्तान...
- फिर मनुष्य के सम्बन्ध में तो कहना ही क्या?...? थोड़े से अनाचारी गिरोह बना लेते हैं, तो सारे इलाके में अशान्ति फैला देते हैं। दुर्भाग्य इसी बात का...
- फिर मनुष्य जैसे बुद्धिजीवी के लिए उनकी पूर्ति क्या कठिन हो सकती है?...? इतना ही उद्देश्य अपना है तो उसे पशु जीवन कहा जाएगा। मानव जीवन की विशेषता तो आदर्शवादिता और उत्कृष्टत...
- फिर महात्मा गाँधी को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी कहाँ से मिल गये थे?...? समझदार आदमियों को ढूँढ़ने के लिए मित्रो! हमें फिर से निकलना पड़ेगा। इसके लिए तीर्थयात्रा की जो पद्धत...
- फिर माँगने वाले तो अभी हैं, फिर धर्म को देगा कौन?...? भगवान देंगे। नहीं, भगवान एक नियम हैं, भगवान एक कायदा हैं। भगवान एक कानून हैं, भगवान एक मर्यादा हैं। ...
- फिर माँगने से मिल ही जाएगा, इसका क्या गारण्टी?...? गारण्टी भी नहीं है, मिलने की सम्भावना भी नहीं है, फिर आप ऐसी निराशा में क्यों बेवजह पापड़ बेलें। आप ऐस...
- फिर माता-पिता की, भाई-बहनों की, परिवार के अन्य असमर्थों की सहायता कैसे की जाय?...? उचित मात्रा में धन कमाने की स्थिति पा लेने से पहले किसी को न तो स्वयं शादी करनी चाहिए और न इसके लिए ...
- फिर मिलने आता कोई?...? नहीं। फिर मैं इतने बड़े कुटुम्ब को सँभाल पाती? नहीं, सँभाल पाती। एक धक्का लगता तो सब तिलमिला जाते। न...
- फिर मीरा का गिरिधर गोपाल क्या था?...? मीरा ने अपनी श्रद्धा के हिसाब से, अपनी भावना के हिसाब से पत्थर के भीतर भगवान को आरोपित किया था। उसकी...
- फिर मीरा के बाद गिरिधर गोपाल का क्या हुआ?...? मीरा के बाद में गिरिधर गोपाल मर गया।
अरे! राम-राम, यह क्या कह रहे हैं—आप भगवान के बारे में? ...
- फिर मीरा ने पूछा- कि रिश्ते में ये हमारे कौन हैं?...? बाबाजी ने कहा कि जो भी तेरा मन हो, मान ले। अच्छा, तो अपना पति मान लूँ? हाँ, मान ले। मीरा ने उन्हें...
- फिर मुझे पूछने लगे कि हमारे यहाँ कौन कान में बाली पहनती है?...? मैंने कहा, और का तो मुझे ख्याल नहीं पर मुक्ति पहनती है। इस पर गुरुजी बोले, ‘‘हाँ, वह तो रोज ब्रह्मवर...
- फिर मेरा कैसे हो गया?...? यह मेरा नहीं हो सकता। कोई भी चीज, किसी भी तरह से हमारी नहीं है। सारी-की-सारी चीजें दुनिया में जहाँ-क...
- फिर मेरे जैसा तो नहीं मिला ना?...? मिलेगा तो बत्तीस साल का हो जाएगा, तब। बत्तीस साल तक आप जीवित रह सकेंगी कि नहीं रह सकेंगी, आपकी मनोका...
- फिर मैं ऐसे स्वर्ग में जाकर क्या करूँगा?...? मुझे वहाँ से भागना पड़ेगा और कहना पड़ेगा कि कृपा करके मुझे यहाँ से रिहा कर दीजिए। आप स्वर्ग में क्यो...
- फिर मैं आपको क्या क्या शिक्षाएँ देता?...? जाने कितनी शिक्षाएँ मेरे पास पड़ी हुई हैं? लेकिन मैं देखता हूँ कि इन बच्चों के ऊपर जुल्म करना होगा, ...
- फिर मैं आपको क्या- क्या शिक्षाएँ देता?...? जाने कितनी शिक्षाएँ मेरे मास पड़ी हुई हैं? लेकिन मैं देखता है कि इन बच्चों के ऊपर जुल्म करना होगा, अ...
- फिर मैं इतने बड़े कुटुम्ब को सँभाल पाती?...? नहीं, सँभाल पाती। एक धक्का लगता तो सब तिलमिला जाते। नहीं बेटे! उन्होंने मुझे बना दिया है।
इसी तरीके...
- फिर मैं इस बात पर विचार करने लगा कि क्या गीता की किताब मुझे पढ़नी चाहिए थी और लोगों को पढ़ानी या बतानी चाहिए थी?...? हम तो क्षत्रिय हैं
क्या बात बतानी चाहिए थी? आप कौन हैं? हम तो साहब! यदुवंशी राजपूत हैं। तो आ...
- फिर मैं इस बात पर विचार करने लगा कि क्या गीता की किताब मुझे पढ़नी चाहिए थी और लोगों को पढ़ानी या बतानी चाहिए थी?...? हम तो क्षत्रिय हैं क्या बात बतानी चाहिए थी? आप कौन हैं? हम तो साहब! यदुवंशी राजपूत हैं तो आप में क...
- फिर मैं उन्हें माताजी के पास ले गया और पूछा कि आप रोटी कैसी खाते हैं?...? पतली खाते हैं क्या? माताजी के हाथ की ऐसी-ऐसी मोटी रोटी खाया कीजिए, आप मोटे हो जायेंगे। वह गुरू आदम...
- फिर मैं कहाँ जाऊँगा?...? फिर मेरा ट्रांसफर तैयार किया हुआ रखा है। मेरा बिस्तर बँधा हुआ रखा है। मैं कहीं और चला जाऊँगा। आप कहा...
- फिर मैं कहाँ जाऊँगा?...? फिर मेरा ट्रांसफर तैयार किया हुआ रखा है। मेरा बिस्तर बँधा हुआ रखा है। मैं कहीं और चला जाऊँगा। आप कहा...
- फिर मैं किससे पूछता हूँ?...? फिर मैं उन लोगों से पूछता हूँ, जिन्होंने मेरे दिमाग में, दिल में और मेरे कमरे में अड्डा जमा रखा है। ...
- फिर मैं कैसे मौसमी का रस पियूँगा?...? मेरे लिए धिक्कार है। मैंने मौसमी का रस फेंक दिया और यह कहा कि आइन्दा यह गलती मत करना और आइन्दा ऐ...
- फिर मैं क्या करूँगा?...? पुलिस वाले के पास जाऊँगा और चुपचाप कह दूँगा कि भाईसाहब! मेरे साथ चलिए। अभी मैं जुआरियों को गिरफ्तार ...
- फिर मैं क्या करूँगा?...? पुलिस वाले के पास जाऊँगा और चुपचाप कह दूँगा कि भाईसाहब! मेरे साथ चलिए। अभी मैं जुआरियों को गिरफ्तार ...
- फिर मैं नौकरी क्यों करूँगा?...? क्यों खेती-बारी करूँगा? गाँधी जी की तरह से मेरे ऊपर रुपया ही बरसेगा। फिर चाहे जो करूँगा और चाहे जो ल...
- फिर मैं सबसे मिलना-जुलना क्यों बन्द करता?...? यह जगह-जगह जाने वाली बात और फूलमाला पहनाने वाली बात को मैं क्यों बन्द करता। नहीं, उससे मेरा मन भर गय...
- फिर मैंने उस लड़की से पूछा कि यह गायत्री मंत्र कौन बोलता है?...? वह बोली—गुरुजी! कांगो एक देश है, जहाँ के सुग्गे बड़े-बड़े होते हैं और वे मनुष्य की आवाज को ठीक तरीके...
- फिर मैंने उस लड़की से पूछा कि यह गायत्री मंत्र कौन बोलता है?...? वह बोली-''गुरुजी! कांगो एक देश है, जहाँ के सुग्गे बड़े-बड़े होते हैं और वे मनुष्य की आवाज को ठीक तरीके...
- फिर मैंने क्यों ऐसी गलती कर डाली?...? सम्पदा को जो मुझे जरूरत नहीं थी, उसको इकट्ठा करता है, ये क्यों करता रहा? मौत को भूल गया।
मौत जब उस...
- फिर मैंने गौर से देखा कि और क्या-क्या चीजें रखी हुई हैं?...? मैंने देखा कि उसके अन्दर सिर्फ तीन चीजें थीं और हलवाई के हाथ का चमत्कार था कि उससे उन्होंने अनेक चीजे...
- फिर मैंने पीछे देखा कि गीता में आखिर नसीहत क्या है?...? और पहला वाला श्लोक जब मैंने पढ़ा तो मेरी आँखें खुल गईं। आ हा... यह मामला है। यह चक्कर है। इसमें—
...
- फिर मैंने पूछा कि मुझे क्या करना होगा?...? उन्होंने कहा कि तुम्हें मालूम नहीं है कि जो दुकानदार होते हैं, व्यापारी होते हैं, वे क्या काम करते ह...
- फिर मैंने सोचा कि अब क्या करना चाहिए?...? फिर किसी ने मुझसे कहा कि पैदल लंबा सफर करना चाहिए। आरोग्य पत्रिका के सम्पादक ने कहा कि आपको इंदौर से ...
- फिर यज्ञ का अनुसरण करने वाले का क्या होना चाहिए?...? प्रकाश होना चाहिए। प्रकाश किसे कहते हैं? बेटे! व्यक्ति के आध्यात्मिक जीवन में प्रकाश का जहाँ कहीं भी...
- फिर यज्ञ का अनुसरण करने वाले का क्या होना चाहिए?...? प्रकाश होना चाहिए। प्रकाश किसे कहते हैं? बेटे! व्यक्ति के आध्यात्मिक जीवन में प्रकाश का जहाँ कही भी ...
- फिर यह कैसे पूरा होगा?...? बेटे! तू सूरज को रँगवाना चाहता है, चंद्रमा को रँगवाना चाहता है, जमीन को रँगवाना चाहता है, आसमान को र...
- फिर यह क्या करती है?...? उसने कहा- नाचीज मेरा शरीर है। नाचीज मैं पैसे के हिसाब से हूँ। नाचीज मेरा मन नहीं। मेरा मन उतना बड़ा...
- फिर यह क्या है?...? तीसरी आँख विवेक की आँख, दूरदर्शिता की आँख, टेलीस्कोप की आँख, जिससे हमको परलोक दिखाई पड़ता है, जिससे ...
- फिर यह झंडी किस काम आती है?...? यह झंडी इशारा करती है और दिशा देती है कि अब चलना चाहिए, लाइन क्लियर हो गयी है। टाइम हो गया है और अब...
- फिर यह पूछा गया कि कुत्तों की लड़ाई क्यों हुई?...? तब पता चला कि बिल्ली को पकड़ने के लिए कुत्ते आ गये थे, इसलिए यह हुआ। बिल्लियाँ कहाँ से आयीं? क्योंक...
- फिर यह पूजा क्यों कराते हैं?...? पूजा का महत्त्व, पूजा का मतलब एक ही है, आप समझते क्यों नहीं हैं? पूजा का मतलब है—इनसानी गुणों का विक...
- फिर यह भाग्यवाद विकृत विचारधारा कहाँ से चल पड़ी?...? इसकी खोज करने पर स्पष्ट हो जाता है कि सामन्तवादी शोषकों ने अपनी अत्याचारों से पीड़ित जनता को किसी प्र...
- फिर यह मस्ती कैसी?...? ’’ बोले—‘‘बेटी ! आज मैं हिन्दुओं के उपनिषद् पढ़कर आया हूँ। जमीन पर पैर नहीं पड़ रहे हैं। जीवन का असली ...
- फिर यह सब कैसे सम्भव हुआ?...? यह तभी हो पाया जब उन्होंने मुनि स्तर की भूमिका निभायी, स्वयं को तपाया, विचारों में शक्ति पैदा की एवं...
- फिर यह सब कैसे होगा?...? कैसे उनके बच्चे महान बन सकेंगे? इसके लिए माता-पिता का त्याग, परिश्रम तथा अथक प्रयास व लगन के साथ बच्...
- फिर यह सवाल पैदा हो सकता है कि देवताओं की शक्ल कैसे बनीं?...? देवता या तो मनुष्य होने चाहिए- व्यक्ति होने चाहिए। और यदि वह व्यक्ति है, तो हम और आप जैसे आदमी ह...
- फिर यह सोचना व्यर्थ है कि इस समय अपने इर्द-गिर्द के लोग क्या करते और क्या कहते हैं?...? उनकी बात सुनने से आदर्श नहीं निभेंगे। आदर्श निभाने हैं, तो अपने मन की ललक, लिप्साओं से जूझना पड़ेगा। ...
- फिर यह हलचल कौन पैदा करता है?...? नया जमाना कौन लाता है? एक हवा आती है। ठीक है गुरुजी कहते हैं कि एक हवा आती है। नहीं बेटे, अकेले गु...
- फिर यह हलचल कौन पैदा करता है?...? नया जमाना कौन लाता है? एक हवा आती है। ठीक है गुरुजी कहते हैं कि एक हवा आती है। नहीं बेटे, अकेले गुरु...
- फिर युग-अवतरण के लिए सम्भावित नारी-पुनरुत्थान भी अपना उचित मूल्य माँगे तो उसमें आश्चर्य ही क्या है?...? प्रत्यक्षत: तो शिक्षा-स्वावलम्बन, परिवार-पोषण व कला-कौशल जैसे क्षेत्रों में नारी का सहयोग करने भर से...
- फिर ये परिस्थितियाँ आपके लिए नहीं आ सकती क्या?...? आपके लिए भी हो सकती हैं।
हर स्थिति के लिए रहें तैयार
इसलिए मित्रो! आप अच्छी-से-अच्छी...
- फिर ये परिस्थितियाँ आपके लिए नहीं आ सकतीं क्या?...? आपके लिए भी हो सकती हैं। हर स्थिति के लिए रहें तैयार इसलिए मित्रो! आप अच्छी से अच्छी उम्मीद कीजिए। अ...
- फिर ये परिस्थितियाँ आपके लिए नहीं होंगी क्या?...? आपके लिए भी हो सकती हैं। इसलिए आप अच्छी से अच्छी उम्मीदें कीजिए, अपने भविष्य के लिए सुनहरे सपने देखि...
- फिर ये रहेंगे कहाँ?...? निर्मल अन्तःकरण से होगा गंगास्नान
पार्वती जी ने कहा—यह बात गलत है कि सोमवती अमावस्या पर स्नान कर...
- फिर योग किस तरीके से होगा?...? योग, मित्रो! कर्मकाण्डों से नहीं होगा। आप इस वहम को निकाल दीजिए कि हम योग कर लेंगे। नाक से पानी पी ज...
- फिर रेलगाड़ी कहाँ से चलेगी?...? रेलगाड़ी तो बेटे, अपने व्यक्तिगत आदर्श उपस्थित करने से मैदा होती है। इससे कम में हो ही नहीं सकती। इस...
- फिर रेलगाड़ी कहाँ से चलेगी?...? रेलगाड़ी तो बेटे, अपने व्यक्तिगत आदर्श उपस्थित करने से पैदा होती है। इससे कम में हो ही नहीं सकती। इस ...
- फिर रोग का कारण और निदान जानते हुए उपचार का निर्धारण कोई अन्य किस प्रकार कर सके?...? थोड़े समय तक सम्पर्क में आने वाला केवल उतनी ही बात जान सकता है, जितनी कि मिलन काल में उभरकर सामने आत...
- फिर लाख कुण्डीय यज्ञ कैसे होगा?...? इसलिए सौ-सौ कुण्डों के हजार कुण्डों में उसके हिस्से बाँट दिये गये, ताकि वह एक ही जगह प्रभाव पैदा ...
- फिर वजह क्या है?...? तुझे बता तो दिया। तेरी आँखों में गायत्री का इतना तेजस्, चेहरे में इतना ओजस् और वर्चस् छाया है कि उसक...
- फिर वह कहाँ चली गई?...? चाइना चली गई, कोरिया चली गई, मलेशिया चली गई, जापान और वर्मा चली गई, श्रीलंका चली गई, कहीं भी चली...
- फिर वह कहाँ चली गई?...? चाइना चली गई, कोरिया चली गई, मलेशिया चली गई, जापान और वर्मा चली गई, नेपाल चली गई, श्रीलंका चली गई, क...
- फिर वह कैसे जिन्दा हो गया और कैसे चला?...? वह इसलिए चला कि शृंगी ऋषि का शाप उस मरे हुए साँप की चमड़ी के भीतर हावी हो गया और तक्षक के माध्यम स...
- फिर वह कौन-सा शंकर है?...? जिसकी पूजा करने के लिए तुम खड़े हो गए हो? तुलसीदास जी की जीवात्मा ने उनका वर्णन किया है—‘‘भवानी शंकरौ...
- फिर वह खरच कहाँ होती है?...? खरच बेटे! ट्रांसफॉर्मर में होती है, मीटरों में होती है, पंखों में होती है। यह बहुत जगह खरच होती रहती...
- फिर वह चाहे कितनी ही बौद्धिक क्षमता सम्पन्न क्यों न हो?...? छोटे भाइयों को, भाइयों के बच्चे को, चाचा ताऊ के बच्चों को, पालने का अधिकांश भार बेचारी कन्याएँ ही उठ...
- फिर वह पूछेगा कि गायत्री मंत्र क्या होता है?...? ये भी मैंने आपको एक दिन बताया था। इसके लिए मैंने आपको तीन घण्टे का समय दिया था, आपको याद होना चाहिए। ...
- फिर वह पूछेगा कि गायत्री मंत्र क्या होता है?...? गायत्री मंत्र क्या है, ये भी मैंने आपको एक दिन बताया था इसके लिए मैंने आपको तीन घण्टे का समय दिया था...
- फिर वह रात को कहाँ सोया करता है?...? किसी खाई-खड्ड में जाकर पड़ा रहता है और सो जाता है। खाई-खड्ड में साँप-बिच्छू आ जाएँ तो? हाँ, साँप-बिच...
- फिर वहाँ जयपुर होते हुए आयेंगे और वो हजामत किसको खिलाएँगे?...? देवी को खिलाएँगे? क्या खाएगी? हजामत खाएगी? हजामत नहीं खिलाओ, जलेबी खिला दो तो? जलेबी नहीं खाएगी, हजा...
- फिर वही राजी-नामा चलेगा, इसकी क्या गारण्टी है?...? यहाँ ऐसा आत्मबल उत्पन्न होने की आवश्यकता है, जो यह सोचने पर विवश कर दें कि युद्ध में नष्ट होने की अप...
- फिर विभूतियाँ पाने का लाभ क्या हुआ?...? अपने को, सम्बन्धियों को जलाते-कुढ़ाते जी लेने और अन्त में पाप की गठरी सिर पर लद कर अँधेरे भविष्य की ओ...
- फिर वीरता के लिए किया गया यह सब कुछ?...? प्रश्न शून्य में विलीन हो गया कोई उत्तर नहीं था।सुबह उठते ही उसने कहा—‘‘उस बूढ़े को बुलाओ।’’ सैनिक द...
- फिर वे अमीर क्यों नहीं हो गये?...? नहीं महाराज जी! मिट्टी से रुपया बन सकता है। नहीं बेटे, नहीं बन सकता। तू मानता क्यों नहीं है? बेटे,...
- फिर वे कहाँ चले गए?...? भाईसाहब! शरीर तो उनका बहुत मजबूत था। हाथी जैसे प्राणी बेडौल थे। पर क्या कर सकते हैं? पुराने जमाने के...
- फिर वे क्या करते थे?...? बड़ा भारी इलाज करते थे। उनके इलाज का क्या कहना! जो कोई भी आए, उनके इलाज से अच्छे होते चले जाते।
...
- फिर वैसा ही प्रबन्ध २४०० प्रज्ञा संस्थानों, पंद्रह हजार स्वाध्याय मण्डलों एवं अगणित प्रज्ञा केन्द्रों में क्यों नहीं हो सकता?...? लोक सेवा तो इसमें है ही, जन सम्पर्क सत्प्रवृत्ति संवर्धन और मिशन की विचारणा का विस्तार कार्यक्रम भी ...
- फिर वो कौन है?...? जो हमारा विश्वास है। आदमी का विश्वास कितना जबरदस्त है? आदमी का विश्वास कितना बड़ा है? न जाने क्या-से ...
- फिर व्यर्थ करवटें बदलते रहने और अँगड़ाई मात्र लेते रहने, समय गँवाते रहने से क्या लाभ?...? जब जग ही गए तो उठ खड़ा होना ही उचित है। जो काम प्रतीक्षा कर रहे हैं उन्हें समय पर निपटा लेने में ही ...
- फिर शंकर जी के भक्त कहाँ से हुए?...? बिच्छू, साँप, भूत-पलीद सभी शंकर जी के परिवारीजन थे और उस परिवार में होने पर भी वे कितने गम्भीर, कितन...
- फिर शत्रु ने कोई और भी बड़ा आयुध निकाल लिया, तो पिछड़ जाने का जोखिम कौन मोल ले?...? बन्द करने पर दूसरा पक्ष जारी रखे रहा, तो अन्य प्रकार का ऐसा आयुध ढूँढ़ निकाला जा सकता है, जिसमें अब त...
- फिर शब्दों की बनावट और मंत्र की शक्ति तथा मंत्र के उच्चारण का क्या प्रभाव हुआ?...? भाई साहब! यह मंत्र के उच्चारण की शक्ति नहीं है, आप समझते क्यों नहीं हैं। कोई भी शब्द अगर ऋषि की वाणी...
- फिर शरीर की इलेक्ट्रिसिटी का विज्ञान क्या है?...? ये शरीर की इलेक्ट्रिसिटी भौतिक, पदार्थपरक शक्ति है, अतः केवल पदार्थपरक कामों में ही काम आती है और कि...
- फिर शिकायत किया कि नहीं?...? हाँ महाराज जी! शिकायत तो करते हैं। आपने कामना की थी, मंत्र लिखे थे। आपकी मनोकामना पूरी हुई कि नह...
- फिर शिवाजी को तलवार कैसे मिली थी?...? बेटे! यह अलंकार है, जिसका अर्थ है कि वह अक्षयशक्ति, जो हम दिन-रात अपनी आँखों से खरच करते रहते हैं, द...
- फिर श्रेष्ठ सन्तति की आशा कैसे की जा सकती है?...? ऐसी स्थिति में शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वावलम्बन, सुसंस्कारिता के प्रबल समर्थन द्वारा ही अपंगता के इस कलं...
- फिर सफलता किससे मिलती है?...? सफलता एक गुण है, जिसको हम आध्यात्मिक गुण कह सकते हैं। उसी के आधार पर सफलताएँ मिलती हैं, फिर चाहे वह ...
- फिर समय से मुकाबला किससे करना पड़ेगा?...? बेटे, एक हवा चल रही है, एक प्रवाह चल रहा है, लोगों की एक मनोवृत्ति चल रही है, आदमी का एक ढर्रा चल ...
- फिर समाधान किस तरीके से होगा?...? समाधान मित्रो! फिर इस तरीके से होगा, गोस्वामी जी ने इस श्लोक में खोलकर के कहा—‘‘श्रद्धा विश्वासरूपिण...
- फिर सर्विस का क्या होगा?...? डॉ. साहब (पति) भी नाराज होंगे। क्या करूँ? सोचते हुए नीचे उतरी। माताजी से बताया। तब माताजी ने कहा-‘‘त...
- फिर सही क्या है?...? बेटे, सही है इसकी साइंस। मिट्टी से रुपया बन सकता है? कैसे बन सकता है? आप मिट्टी लीजिए, मिट्टी से ईंट...
- फिर साइकिल वहाँ से कितने में चली थी?...? दस रुपये में चली थी। इस तरह किसी जमाने में जापानी साइकिल दुनिया में छा गयी थी।तब जापान हर चीज में ...
- फिर साधना में अभीष्ट मनोयोग तो आहारशुद्धि बिना कैसे प्राप्त हो?...? पिप्पलाद ऋषि पीपलवृक्ष के फल खाकर निर्वाह करते थे। कणाद ऋषि जंगली धान्य समेटकर उससे सुधा शान्त करते थ...
- फिर सारी शिक्षायें, सारी योग्यताएँ हम मनुष्यों को ही क्यों दे दीं?...? दूसरों को क्यों नहीं दीं? भगवान के पाँच बेटे हैं, तो सबको बराबर मिलना चाहिए था। पक्षपात क्यों? मनुष्...
- फिर सिद्धियाँ कहाँ से आएँ?...? साधना किस चीज का नाम है? साधना बेटे, इस चीज का नाम है, जिसमें हम अपनी भीतर वाली क्षमता का, भीतर वाली...
- फिर सूनापन कैसा?...? हमारी यात्रा चलती रही। साथ-साथ चिन्तन भी चलता रहा। एकाकी रहने में मन पर दबाव पड़ता है क्योंकि वह सदा ...
- फिर सोचा अच्छा काम क्या करना चाहिए?...? तो अच्छा विचार आया कि अच्छा काम तो वही हो सकता है जो समाज की आज आवश्यकता है। तो देखा कि आज अज्ञान अभ...
- फिर स्त्री और पुरुष में भेद क्यों?...? शरीर के दोनों अंगों की भाँति वे समान हैं। इसलिए दोनों को साथ-साथ पाँव से पाँव मिलाकर, कन्धे से कंधा म...
- फिर स्पर्श का कुछ प्रभाव हो भी तो उसकी कल्पना से किस प्रकार, क्यों, किसलिए चित्त को बेचैन करने वाली ललक पैदा होनी चाहिए?...? बात कुछ भी नहीं है। मात्र जननेन्द्रिय की बनावट में एक अजीब प्रकार की सरसता का समावेश मात्र है जो हमे...
- फिर स्वयं वैसा करते भी कैसे?...? मुफ्त की कमाई हराम की होती है, भले ही वह पूर्वजों की खड़ी की हुई हो। हराम की कमाई न पचती है, न फलती ह...
- फिर हँस का क्या होगा?...? झीनी झीनी रे चदरिया बेटे, गायत्री माता हँस की सवारी पर ही जाती हैं। वह बहुत जोर से भागता है। फिर त...
- फिर हम आपकी मरजी के बिना कैसे घुस सकते हैं?...? इस शिविर में हमने आपको, जो शिक्षाएँ दीं, जो आपसे प्रार्थना की, आपने उसे स्वीकार किया या नहीं किया, य...
- फिर हम आपस में ऐसा कैसे कह सकते हैं?...? भाईचारे से रहें तो क्या हर्ज है? भाईचारे से देवताओं की तरह रहना चाहिए, दैत्यों के तरीके से नहीं। देव...
- फिर हम आपस में ऐसे कैसे कह सकते हैं?...? भाईचारे से रहें, तो क्या हर्ज है? भाईचारे से देवताओं की तरह रहना चाहिए, दैत्यों के तरीके से नहीं। दे...
- फिर हम कैसे नहायेंगे?...? नहीं बेटे, हमको और आपको तो स्नान करना ही पड़ेगा। हमारे यहाँ स्नान की अत्यधिक आवश्यकता मानी गयी है। आप...
- फिर हम भी किसलिए बैठे हैं?...? हमने जो दिया है, सो लेकर जाइए। यह क्या है? यह जेबकटों का धंधा है। यह लॉटरी का धंधा है। देगा राई के ब...
- फिर हम रहे कहाँ?...? हम तो मिल गए, उस सिन्धु में जा मिले। नाला सिन्धु में जा मिला, तो वह सिन्धु हो गया। गंगा में मिला, तो...
- फिर हम राक्षस कहलाएँगे और हमारे सींग हैं तो?...? सींगों से हम नहीं मारते अब; पर ऐसी बहुत-सी चीजें हैं, जिनसे हम मार सकते हैं। सींग क्या मारेगा? बन्दूक...
- फिर हम लोग जायेंगे कहाँ?...? इसलिए मेला जाना चाहते हो, तो तुम सब मिलकर यह कसम खाओ कि हम जितने लोग जा रहे हैं, उतने के उतने ही...
- फिर हमको दिखाई कैसे पड़ेगा?...? नहीं बेटे! दिखाई देने वाली आँख अलग है। वह चमड़े वाली आँख है, लेकिन जो आँख फोड़ी जानी चाहिए, उसका नाम ह...
- फिर हमारा क्यों करेंगे ये लोग समर्थन?...? यही बात पण्डावाद ने भी कोशिश की, कि लोग समझदार न होने पाएँ।...
- फिर हमारी आपकी मिट्टी पलीद कैसे हो गई?...? हर आदमी दुःखी क्यों पाया जाता है? पूरे संसार में अनाचार और भ्रष्टाचार क्यों फैला हुआ है? पूरा संसा...
- फिर हमारी और आपकी कैसे हो सकती है?...? आध्यात्मिक विभूति है ‘आप्तकाम’ होना लेकिन मित्रो! अध्यात्म के क्षेत्र में प्रवेश करने के बाद में मैं...
- फिर हमारी भी मनोकामना पूरी हो जाएँगी?...? बेशक, आपकी मनोकामना पूरी हो जाएगी, अगर आप देवता बनने के लिए खड़े हो जाएँ तब। कैसे हो जाएँगी? आप्तकाम...
- फिर हमारी भी मनोकामना पूरी हो जाएँगी?...? बेशक, आपकी मनोकामना पूरी हो जाएगी, अगर आप देवता बनने के लिए खड़े हो जाएँ तब। कैसे हो जाएँगी? आप्तकाम ...
- फिर हमारे छोटे से दीपक की क्या कीमत हो सकती है?...? फूल सारे विश्व में उन्हीं के उगाए हुए हैं, चन्दन के पेड़ उन्हीं ने उगाए हैं। फूल और चन्दन अगर भगवान को ...
- फिर हमारे छोटे-से दीपक की क्या कीमत हो सकती है?...? फूल सारे विश्व में उन्हीं के उगाए हुए हैं, चन्दन के पेड़ उन्हीं ने उगाए हैं। फूल और चन्दन अगर भगवान् ...
- फिर हमारे छोटे-से दीपक की क्या कीमत हो सकती है?...? फूल सारे विश्व में उन्हीं के उगाए हुए हैं, चन्दन के पेड़ उन्हीं ने उगाए हैं। फूल और चन्दन अगर भगवान को...
- फिर हमारे दु:ख-दरदों का क्या होगा?...? अभी आप नहीं सुन रही हैं तो फिर पीछे कौन सुनेगा? बेटे! अब भी हम ही सुनते हैं और पीछे भी हम ही सुनेंगे...
- फिर हमारे यहाँ ये क्या हो रहा है?...? मित्रो इसकी जिम्मेदारी हमारी और आपकी है। धर्म के बारे में, यज्ञोपवीत के बारे में बताने और समझाने की ...
- फिर हमारे यहाँ ये क्या हो रहा है?...? मित्रो! इसकी जिम्मेदारी हमारी और आपकी है। धर्म के बारे में, यज्ञोपवीत के बारे में बताने और समझाने की...
- फिर हाथी को बुला लिया और उससे पूछा—आपकी खुराक कितनी है?...? उसने कहा—हम तो चार-पाँच मन खाना खा जाते हैं। भगवान ने कहा—मैं आपको चार-पाँच मन खाना दिया करता हूँ? उ...
- फिर १६ साल की यह सुन्दर नयन-नक्शों वाली युवती क्यों बनाई?...? अरे! हमने आपको विचार करना सिखाया कि युवा नारी के बारे आपको पवित्र दृष्टि रखते हुए यौन-शुचिता का अभ्य...
- फिर, आप क्या करेंगे?...? फिर आप अपना टाइम टेबल और अपनी रीति-नीति ऐसी बनाएँगे जैसे राजा परीक्षित ने बनाई थी। राजा परीक्षित को ...
- फिर, आपकी मनोकामनाएँ पूरी हो जाएँ कोई जरूरी है?...? मनोकामना पूरी नहीं हो पाती, इसलिए आदमी आमतौर से दुखी रहते हैं। तो क्या करना चाहिए? आपको स्वर्गीय जीव...
- फिर, उनको क्यों हम घटिया दर्जे का मानते हैं?...? उनकी एक ही कमी है कि उनको ज्ञान की कमी है। मनुष्य ज्ञान का देवता माना गया है। ज्ञान की वजह से, मननशी...
- फिर, कायाकल्प में करना क्या पड़ता है?...? चलिए, इसके लिए एक उदाहरण मैं आपको सुनाऊँगा। ये उदाहरण महामना मालवीय जी का है। महामना मालवीय जी ने एक...
- फिलॉसफर ने कहा—"अरे अभी क्या है?...? भगवान ने मनुष्य की उम्र सौ वर्ष बनाई है। तीस साल अभी तेरे पास हैं। तू मशक्कत से काम कर और पढ़ना शुरू...
- फिलॉसफी इनको कहाँ आती है?...? देखने की दृष्टि कहाँ है? दर्शन के लिए दृष्टि चाहिए। दिव्य-दृष्टि दी थी श्रीकृष्ण भगवान ने अर्जुन को।...
- फिलॉसफी से क्या मतलब है?...? -ब्रह्मविद्या। ब्रह्मविद्या से क्या मतलब है कि जो कुछ भी मानव जीवन की श्रेष्ठता और गरिमा से सम्बन्धित ...
- फिलॉसफी से क्या मतलब?...? ऋतम्भरा-प्रज्ञा। ऋतम्भरा से क्या मतलब? ब्रह्मविद्या। ब्रह्मविद्या से क्या मतलब? ब्रह्मविद्या से यह म...
- फिल्मस्तानी भाई, बीड़ी वाले भाई और गुरुजी के वानप्रस्थियों में फिर क्या फर्क रह गया है?...? माइक, इसकी कोई कीमत नहीं, कहाँ कोई इसे सुनने को आते हैं, कान बन्द कर लेता है। बोल-बोलकर माँगकर चला...
- फुटवियर क्या होता है?...? अरे साहब! चप्पलों की दुकान है। आपकी दुकान चलती है? हाँ साहब! कमाते भी उसी से हैं और खाते-खिलाते भी ह...
- फुरसत मिलेगी या नहीं मिलेगी?...? हमारे यहाँ यू०पी० के गवर्नर ने डी०एम० के माध्यम से खबर भेजी, सन्देश भेजा कि हमने आपके यहाँ आने का ए...
- फुरसत नहीं है तो झंझट में पड़ने से क्या फायदा?...? यह तो फुरसत का काम है। जब फुरसत मिले तो कर लेना चाहिए, जब फुरसत न मिले तो नहीं करना चाहिए। फुरसत...
- फूल और चन्दन अगर भगवान को नहीं मिलते, तो भगवान का क्या हरज था?...? मिठाई या खाना-भोग भगवान को नहीं मिलता, तो क्या हरज था? राई के बराबर भी कुछ हरज नहीं था। भगवान को खान...
- फूल और चन्दन अगर भगवान को नहीं मिलते, तो भगवान का क्या हर्ज था?...? ? मिठाई या भोजन भगवान को नहीं मिलता, तो क्या हर्ज था? राई के बराबर भी कुछ हर्ज नहीं था। भगवान को खान...
- फूल और चन्दन अगर भगवान् को नहीं मिलते, तो भगवान का क्या हरज था?...? मिठाई या खाना-भोग भगवान् को नहीं मिलता, तो क्या हरज था? राई के बराबर भी कुछ हरज नहीं था। भगवान् ...
- फूल किसे कहते हैं?...? सहयोग को कहते हैं। कौन बरसाता है? देवता। देवत्व इस दुनिया में जिन्दा है। देवत्व इस दुनिया में था और ज...
- फूल किसे कहते हैं?...? सहयोग को कहते हैं। कौन बरसाता है? देवत्व जो इस दुनिया में अभी जिन्दा है। देवत्व ही दुनिया में जिन्दा...
- फूल की तरीके से खिलें और भगवान के लिए क्या-क्या करना पड़ता है आप जानते हैं, धूप देते हैं, नैवेद्य देते हैं, दीपक जलाते हैं, दीपक से क्या अर्थ होता है?...? दीपक को आप ये मत सोचिये कि भगवान को कम दिखाई पड़ता है इसलिए आप रोशनी कर देंगे तो उनके रास्ता चलने मे...
- फूल कैसा कोमल होता है?...? कैसा सुन्दर होता है? आपका जीवन ऐसा सुन्दर होना चाहिए। ऐसा कोमल होना चाहिए और भगवान के चरणों पर चढ़ना...
- फूल को हम क्या करते हैं?...? उस सुगन्ध वाले फूल को हम पेड़ से तोड़कर भगवान् के चरणों पर समर्पित कर देते हैं और कहते हैं कि हे परम ...
- फूल को ही चढ़ाते हैं—इसका अर्थ है भगवान के सिर पर अगर आपको विराजना है, भगवान के हृदय से अगर आपको लगना है, भगवान् के चरणों पर स्थान प्राप्त करना है, तो फिर इसका एक ही तरीका रह गया—कौन-सा?...? कि आप फूल की तरह खिलें। भगवान के लिए और क्या-क्या करना पड़ता है? धूप देते हैं, नैवेद्य देते हैं, दीपक...
- फूल क्या सिखाता है?...? हमने कितनी बार सिखा दिया आपको। दीपक क्या सिखाता है? हमने कितनी बार आपको बताया। मिठास क्या सिखाता है?...
- फूल चढ़ाने से क्या फायदा होता है?...? आपके हिसाब से देवता एक ऐसा आदमी है, जिसको हमेशा गन्दगी में रहना पड़ता होगा, जैसे मच्छर, मक्खी गन्दगी म...
- फूल जब खिलते हैं, तो आपने देखा होगा कितने सारे भँवरे उन पर आकर बैठ जाते हैं; आपने उनके ऊपर तितलियों को घूमते हुए देखा है न?...? आपने उनके ऊपर शहद की मक्खियों के गुच्छे देखे हैं न? कब आते हैं? जब फूल खिलते हैं। फूल के तरीके से आप...
- फूल न हो तब, तब कौन चढ़ायेगा भगवान के चरणों पर, पत्ते भी कोई चढ़ाता है, किसी और चीज को, जड़ को कोई चढ़ाता है नहीं फूल को ही चढ़ाते हैं, इसका अर्थ है भगवान के सिर पर अगर (आपको) विराजमान हैं, भगवान के हृदय (पर) अगर आपको लगना है, भगवान के चरणों (पे) स्थान प्राप्त करना है - उसका फिर (ए) एक ही तरीका रह गया - कौन (से आपको)?...? कि आप फूल की तरीके से खिलें। फूल की तरीके से खिलें और भगवान के लिए क्या-क्या करना पड़ता है आप जानते ...
- फूल न हो तब?...? तब क्या चढ़ेगा भगवान के चरणों पर? पत्ते को कोई चढ़ाता है? जड़ को कोई चढ़ाता है? नहीं। फूल को ही चढ़ाते है...
- फूल भगवान को रिश्वत के रूप में देंगे, आप रिश्वत क्या देंगे?...? फूल जरूरत पड़ेगी भगवान कहीं से भी, कहीं बगीचे में घुस जाएगा वहीं से फूल सूँघता रहेगा। सारी दुनिया तो...
- फूल रात में तारों से ऊपर से गिरते हैं और पेड़ पर चिपक जाते हैं और ये फल कहाँ से आते हैं?...? फल, गुरुजी ! रात में बादल आते हैं तो बहुत से फल लाते हैं। अच्छा तो फल क्या करते हैं? टप टप टपक पड़ते...
- फूल रात में तारों से ऊपर से गिरते हैं और पेड़ पर चिपक जाते हैं और ये फल कहाँ से आते हैं?...? फल, गुरुजी! रात में बादल आते हैं तो बहुत से फल लाते हैं। अच्छा को फल क्या करते हैं? टप-टप टपक पड़ते ह...
- फूलों पर तितलियाँ और मधुमक्खियाँ न जाने कहाँ-कहाँ से दौड़ती चली आती है?...? महामानवों के असुविधा भरे जीवन भी ऐसे आकर्षक होते हैं कि उसी कष्टसाध्य परिपाटी को अपनाने के लिए अनेका...
- फूहड़ निकम्मा, अनगढ़, व्यक्तित्व सारे लेकर हम क्या करेंगे?...? आपका वजन और लादना होगा।
आप रोज विचार करना कि हमारा लोभ, मोह, अहंकार घटा कि नहीं, हमारी श्रमशी...
- फेंकने से कैसे आ जाएगा?...? माँगने से आ जाता है। नहीं बेटे, बिना। माँगे आ जाता है।
चलिए साहब! मैं आपको बता सकता हूँ। अभी की ...
- फेफड़े देखे हैं क्या?...? गुर्दे देखे हैं क्या? वे दिन-रात चौबीसों घण्टे आपकी सेवा में लगे रहते हैं। हमको आप इसी तरीके से मानिय...
- फेफड़े आपने देखे हैं क्या?...? वह भी नहीं देखे हैं। शीशे में आपने अपने आँख और कान देखे हों तो देखे हों और वह भी प्रत्यक्ष नहीं दे...
- फेल होने वाले को मिलती है क्या?...? हमको हमारे साथ में उदार कीजिये दया कीजिये, उदार कीजिये दया कीजिये, उदार कीजिये दया कीजिये ये मत कहिए...
- फैक्ट्रियाँ खोली थीं?...? कारखाने खोले थे? सुदामा जी की कहीं फैक्ट्रियाँ नहीं थीं और न कारखाने ही। लेकिन द्वारिकापुरी में जो क...
- फैशन-परस्ती में लोग कितना पैसा लगा देते हैं?...? ये ऐसी मुसीबतें हैं जिनसे हमें स्वयं निकलना पड़ेगा और जनता को निकालना पड़ेगा। सरकार मदद करेगी, ठीक है।...
- फोकट में भी क्या कुछ मिल सकता है?...? जहाँ तक मैंने समझा है कि फोकट नाम की चीज दुनिया में कोई नहीं है। नहीं साहब, हमने तो यही सुना है कि द...
- फोकट में मिट्टी तो ले आ कहीं से?...? नहीं महाराज जी! सब कोई सन्त महात्मा फोकट में बाँटते हैं। वरदान बाँटते हैं और आशीर्वाद बाँटते हैं। नह...
- फोटोग्राफर कुछ कहे इससे पूर्व ही थानवी बोले-बच्चों को डराया करेंगे?...? फिर क्या था खूब कह-कहे लगे। (९) सेट जमनालाल भारी भरकम शरीर के थे एक दिन बोले बापू-आप मुझे गोद ले लीज...
- फोन चिड़िया की तरीके से आवाज करता रहता है, मालूम नहीं, कौन बोल रहा है और हमारे कान?...? यदि कोई आदमी साथ में खड़ा हो जाय और आवाज दे कि—मोहनलाल जी हैं क्या? हाँ पण्डित रोशनलाल जी ! अभी आया। ...
- फोम के गद्दे थे?...? कहीं नहीं थे। बच्चे जमीन पर पड़े रहते थे। बेचारे राजकुमारों को भी जमीन पर पड़े रहना पड़ा, रूखी-सूखी ...
- फोर्थ डिवीजन आती है, हम गरीब हैं, तो हम क्या करें?...? गरीब हैं, तो डिग्री नहीं लीजिए। कमाइए, खाइये, सरकार से क्या मतलब? आपके अन्दर योग्यता है, क्षमता है, ...
- फौज में भरती होने से क्या फायदा?...? अब तो हम बूढ़े हो गये हैं। अब तो जिन्दगी के दिन पूरे करेंगे, नाती, पोतों को खिलाया करेंगे। मित्रो...
- फ्रूट साल्ट खारे कहाँ होते हैं?...? मनुष्य है जिसे खारी नमक के बिना एक ग्रास गले उतारना कठिन पड़ता है। दाल, शाक, चटनी, अचार कुछ क्यों न ह...
- बन्द हो जाएगा?...? नहीं बेटे! एक सेकंड के लिए भी उसे छुट्टी नहीं है। चाँद को भी एक सेकंड के लिए छुट्टी नहीं है। धरती को...
- बन्द हो जाएगा?...? नहीं बेटे! एक सेकंड के लिए भी उसे छुट्टी नहीं है। धरती को जबसे ब्रह्मा जी ने बनाया था, उस दिन से लेक...
- बन्दर को कम क्यों?...? लोमड़ी को कम क्यों? ऐसे शरीफ बाप को बेइंसाफी नहीं करनी चाहिए। हर बेटे को बराबर देना चाहिए। हर बेटे को...
- बन्दर क्या कर सकते हैं?...? बन्दर, बेटे समुद्र लाँघ सकते हैं, पहाड़ को उखाड़ सकते हैं। अच्छा इतना बड़ा काम कर सकते हैं? हाँ, ऐसे ढेर...
- बन्दर ने कहा—हमारे लिए स्कूल क्यों नहीं खोले गए?...? मछलियों से लेकर कछुए तक, मेढकों से लेकर बन्दर तक सब खड़े हो गए और भगवान से शिकायत की। भगवान के दरबार ...
- बन्दरों को, साँपों को साध लेते हैं और साध लेने की वजह से वे सब कैसे-कैसे कमाल दिखाते हैं, कैसी कैसी करामात दिखाते हैं?...? उनके कमाल और करामात की वजह से बाजीगर अपना गुजारा कर लेते हैं, अपना पेट पाल लेते हैं। मित्रो! अगर रीछ...
- बन्दरों को, साँपों को साध लेते हैं और साध लेने की वजह से वे सब कैसे-कैसे कमाल दिखाते हैं, कैसी-कैसी करामात दिखाते हैं?...? उनके कमाल और करामात की वजह से बाजीगर अपना गुजारा कर लेते हैं, अपना पेट पाल लेते हैं। मित्रो! अगर रीछ...
- बन्दरों ने समुद्र छलाँगा था?...? अच्छा, आदमी कितना वजन उठा सकता है? बीस किलो उठा सकता है। नहीं साहब! चालीस किलो उठा सकता है। नहीं साह...
- बन्दरों ने समुद्र छलाँगा था?...? अच्छा, आदमी कितना वजन उठा सकता है? बीस किलो उठा सकता है। नहीं साहब! चालीस किलो उठा सकता है। नहीं साह...
- बन्दूक किसी के पास हो और बारूद न हो, कारतूस न हो तो क्या काम चलेगा?...? हमारे घरों में घरेलू पुस्तकालय होना ही चाहिए। यह बहुत बड़ी सम्पत्ति के बराबर है। किसी घर में जेवर है ...
- बन्दूक क्या मारेगी?...? बन्दूकों के बिना, सींगों के बिना आदमी को तहस-नहस करते हैं। हम चाहें, तो आदमी को मटियामेट कर सकते हैं,...
- बन्दूक चलती हैं?...? नहीं बेटे! कलाई चलती है? नहीं हिम्मत चलती है। इसलिए जो कुछ भी दिया होगा, मैं समझता है देवताओं ने अर्...
- बन्दूक तो है, पर चलेगी कहाँ से?...? निशाना तब लगेगा, जब बन्दूक में गोली के साथ-साथ में जो शीशे की गोली है, उसमें बारूद भरा होगा। लगती तो ...
- बन्दूक में क्या होता है?...? बन्दूक में दो भाग होते हैं। एक का काम यह होता है कि बारूद को और गोली को दोनों चीजों को कारतूस में बन्द...
- बन्धन क्या है?...? बन्धन वह है, जिसमें हम और आप जकड़ जाते हैं। कल्पना कीजिए उस पक्षी की, जो पिंजड़े में बन्द किया हुआ है।...
- बन्धनों से मुक्ति क्या है?...? बन्धनों से मुक्ति यह है कि जिस तरीके से हमारी विचारणाएँ, भावनाएँ हैं और हमारी क्रियाशीलताएँ हैं, जि...
- बकरी का समय जब आ जाएगा और वह इशारा करेगी तो बकरा सेवा भी करेगा, लेकिन मनुष्य?...? मनुष्य की वह मर्यादाएँ भी चली गईं। जानवर दो काम करते हैं—तीसरा कोई काम नहीं। जब उन पर खुराफात सवार ह...
- बकरी को कपड़ा पहनना आता है?...? गधों के शादी-ब्याह क्या होते हैं? नहीं होते। फिर सारी शिक्षायें, सारी योग्यताएँ हम मनुष्यों को ही क्...
- बकवास को भजन कहते हैं?...? अक्षरों के उच्चारण को भजन कहते हैं? अक्षरों के उच्चारण को भजन किसने कहा था? भजन में अक्षरों का उच्चा...
- बगला-भगत मालूम है, कैसा होता है?...? नदी किनारे पर बैठा रहता है और ध्यान लगाए रहता है। जहाँ मछली पर पड़ी नजर, उसे उसने चोंच में उठाया और ...
- बगलामुखी कैसी होती है?...? बगलामुखी ऐसी होती है.....। बगलामुखी का जप कीजिए—"ॐ ह्रीं श्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे।" बस, खट् माल...
- बचकाने चिन्तन और उथले प्रयत्नों से अर्थ क्षेत्र में जादुई सफलता किसे मिली है?...? किसी को राई रत्ती मिली होगी तो वह धूप-छाँव जैसी आँख मिचौनी का खेल, मटकते मचलते छोड़कर अपने घर चली गयी...
- बचत करते हैं न?...? उपरोक्त दस प्रश्न नित्य अपने आपसे पूछते रहने वाले को जो उत्तर आत्मा दे, उन पर विचार करना चाहिए और जो...
- बचपन किसे कहते हैं?...? बुढ़ापा किसे कहते हैं? और जवानी किसे कहते हैं? बचपन उसे कहते हैं जिसमें आदमी भविष्य की कल्पना करता र...
- बचा हुआ समय जाएगा कहाँ?...? आत्मा का कल्याण लोकसेवा के ऊपर टिका हुआ है। भगवान का भजन ही वास्तव में लोकसेवा के साथ जुड़ा हुआ है। स...
- बच्चा कहाँ है?...? अरे! होगा थोड़े दिन बाद होगा। चड्ढी बना लेती है, सुलाने के लिये चारपाई बना लेती है और उस पर बिछाने के...
- बच्चा कैसे पैदा होगा?...? बच्चा बेटे, ऐसे पैदा होगा कि यहाँ उपासना करने के लिए जो व्यक्ति आएँगे, उनके भीतर वह अध्यात्म पैदा कर...
- बच्चा कैसे पैदा होगा?...? बच्चा बेटे, ऐसे पैदा होगा कि यहाँ उपासना करने के लिए जो व्यक्ति आएँगे, उनके भीतर वह अध्यात्म पैदा कर...
- बच्चा जब बड़ा हो जाता है तब माँ-बाप की त्योरियाँ बदलती देखी हैं कि नहीं आपने?...? वे कहते हैं कि तुझे शरम नहीं आती है, पच्चीस साल का हो गया है, मूछें निकल आई हैं कमाई के लायक हो गया ...
- बच्चा जब बड़ा हो जाता है तब माँ-बाप की त्यौरियाँ बदलती देखी हैं कि नहीं आपने?...? वे कहते हैं कि तुझे शरम नहीं आती है, पच्चीस साल का हो गया है, मूँछें निकल आई हैं, कमाई के लायक हो गय...
- बच्चा जब लड़ने के लिए गया तो कंस को, चाणूर को और बकासुर को मार डाला और किस-किस को मारा?...? हाथियों को, कालिया को मार डाला, कैसे मार डाला बच्चे ने? बेटे, बच्चे ने नहीं, सत्य ने मार डाला। सत्य ...
- बच्चा जब लड़ने के लिए गया तो कंस को, चाणूर को और बकासुर को मार डाला, किस-किस को मारा?...? हाथियों को, कालिया को मार डाला, कैसे मार डाला बच्चे ने? बेटे, बच्चे ने नहीं, सत्य ने मार डाला। सत्य ...
- बच्चा नंगा भी फिर सकता है, लेकिन जवान आदमी कैसे नंगा फिरेगा?...? जवान आदमी को तो कपड़े पहनने चाहिए। क्यों? क्योंकि वह अपने आपको जिम्मेदार समझता है। अगर आप बौद्धिक दृष...
- बच्चा पेट में आए, उससे पहले ही माता पिता को यह प्रयत्न करना चाहिए कि स्वयं देखें कि उनका स्वयं का स्वभाव कैसा है?...? उनके कर्म कैसे हैं? उनके गुण कैसे हैं? उनके विचार कैसे हैं? उनके भाव कैसे हैं? इन सब बातों की तैयारी...
- बच्चा बड़ी उम्र का?...? हाँ बड़ी उम्र के भी बच्चे होते हैं। मन:स्थिति की दृष्टि से वे सब आदमी बच्चे हैं जो अपने पुरुषार्थ के...
- बच्चा बड़ी उम्र का?...? हाँ बड़ी उम्र के भी बच्चे होते हैं। मनःस्थिति की दृष्टि से वे सब आदमी बच्चे हैं जो अपने पुरुषार्थ के...
- बच्चा रोता है न?...? बच्चे के पेट में दरद है न? आपके पेट में तो नहीं है। आँखें बच्चे की दुःख रही हैं, आपकी तो नहीं। आप क्...
- बच्चियों के प्रति आपका दृष्टिकोण कैसा हो, माँ-बाप के प्रति तथा संसार में जो इस उम्र के हैं, उनके प्रति आपका दृष्टिकोण क्या हो?...? इसका सही रूप से मूल्यांकन करना होगा।
घर को तपोवन, परिवार को प्रयोगशाला बनाइए
अगर आपको ...
- बच्ची का है?...? नहीं। बुढ़िया का है? नहीं। बाल सफेद हो गए हैं? नहीं। तो कैसा है? महाराज जी! जवान औरत का है। किसका? ग...
- बच्चे कहते हैं-माँ जी हमको यह चीज दोगी?...? वह कहती है-नहीं छोटी बच्ची कहती है-माताजी हमको दोगी? कहती है नहीं। यह तो जमा करके रखा जाएगा। बहुत ...
- बच्चे का छोटा-सा पुरुषार्थ भी अभिभावकों द्वारा भली-भाँति सराहा जाता है, पर युवा होने बचपन की पुनरावृत्तियाँ करने भर से कौन यशस्वी बनता है?...? अगली चुनौती बड़ी है- यहाँ परिजनों के पिछले दिनों के योगदान का मूल्यांकन घटाकर नहीं किया जा रहा है।...
- बच्चे का छोटा-सा पुरुषार्थ भी अभिभावकों द्वारा भली-भाँति सराहा जाता है, पर युवा होने पर बचपन की पुनरावृत्तियाँ करने भर से कौन यशस्वी बनता है?...? यहाँ परिजनों के पिछले दिनों के योगदान का मूल्यांकन घटाकर नहीं किया जा रहा है, पर इतने भर से बात तो न...
- बच्चे का पालन ही तो करेंगे ना?...? नहीं साहब! हमको पिण्डदान कौन देगा? बेटे, हनुमान जी को पिण्डदान नहीं मिला था। पिण्डदान नहीं मिलेगा,...
- बच्चे का शरीर आखिर माता का शरीर काटकर ही तो बनता है, उसका रक्त, माँस, हड्डी आदि जो कुछ है वह स्पष्टतः माता के पास जो शरीर सम्पत्ति थी, उसी का एक टुकड़ा अलग से टूट कर खड़ा हो गया है, जो दूध बच्चा पीता है, वह माता के रस रक्त के अतिरिक्त और क्या है?...? उसे बच्चा पीता रहेगा तो माता के शरीर में उसकी कमी पड़ेगी ही। जो रक्त माँस लड़कियों के अपने स्वास्थ्य स...
- बच्चे किसे कहते हैं?...? अमुक बात कैसी होती है? मेहमान किसे कहते हैं? अतिथि घर में कैसे आते हैं? पैसे की देख-भाल कैसे रखी जात...
- बच्चे किसे कहते हैं?...? अमुक बात कैसे होती है, मेहमान किसे कहते हैं? अतिथि घर में कैसे आते हैं? पैसे की देखभाल कैसे रखी जाती...
- बच्चे की आवश्यकता को समय पर पूरा कर दिया जाता तो चुराने का साहस कैसे करता?...? ऐसी माँगों के समय अभिभावक केवल दो ही बातों का ध्यान रखें कि यदि बच्चे की माँग हितकर एवं उपयोगी है तो...
- बच्चे की बात सही थी या गलत थी?...? सही थी। बच्चा कहता है कि हम घी खायेंगे, तो स्वस्थ हो जायेंगे, मोटे हो जायेंगे। तो बच्चे की बात सही न...
- बच्चे की माँ के पेट में तो कैसे धकेल पाएँगे?...? सम्भव नहीं हैं। आपकी उमर तो जरूर बढ़ेगी और आपके शरीर पर जो प्रभाव पड़ेगा, वह सब पड़ना ही चाहिए लेकिन आ...
- बच्चे के एक दिन में कहीं दाढ़ी निकलती है क्या?...? इसी तरह पात्रता एवं पवित्रता के विकास के बिना ईश्वर-दर्शन भी सम्भव नहीं। बारूद का सबसे बड़ा जखीरा हमा...
- बच्चे के जन्म के बाद, जब नर्स ‘‘लेबर रूम’’ से मुझे व बच्चे को बाहर लेकर आई, तब उसने आवाज लगाई-‘‘इसकी दादी कौन है?...? ’’ माताजी ने झट से कहा, ‘‘मैं हूँ इसकी दादी।’’
नर्स बोली, ‘‘लड़का हुआ है। खाली हाथ नहीं दूँगी।’’
‘‘...
- बच्चे के पटाखे, कैसे रख लेता?...? मैंने तुरन्त हिसाब जोड़ कर पैसे बताये, ‘‘दो रुपये, नौ आने।’’ पैसे देकर ही गुरुजी पटाखे लेकर गये।गुरुजी...
- बच्चे के पेट में दरद है न?...? आपके पेट में तो नहीं है। आँखें बच्चे की दुःख रही हैं, आपकी तो नहीं। आप क्यों हैरान हो रहे हैं? नहीं ...
- बच्चे के मुँह से फिर प्रश्न उभरा, 'फिर आपने और पापा जी ने ऐसा क्यों नहीं किया?...? ' उत्तर में लालाजी ने सुदूर अतीत का स्मरण कराते हुए कहा, 'बेटा, भारतीय नारी में श्रेष्ठता के संस्कार...
- बच्चे कैसे अच्छे हैं?...? बच्चों के हिसाब से उनकी पालनकर्ती माता का हवाला दे रहा हूँ। ये कह रहा हूँ कि सीता के दो बच्चे थे—लव-...
- बच्चे कैसे मजबूत हैं?...? बच्चे कैसे अच्छे हैं? बच्चों के हिसाब से उनकी पालनकर्ती माता का हवाला दे रहा हूँ। ये कह रहा हूँ कि स...
- बच्चे को आप मिठाई खिलायेंगे?...? नहीं, मत खिलाइएगा। बच्चे को आप हलवा खिलायेंगे? नहीं, मत खिलाइए, बच्चा बीमार पड़ जायेगा। इसके लिए ...
- बच्चे को आप हलवा खिलायेंगे?...? नहीं, मत खिलाइए, बच्चा बीमार पड़ जायेगा। इसके लिए बिस्कुट देने की जरूरत है, हल्का भोजन, फलों का जूस...
- बच्चे को जन्म देते समय कौन-सी माता को हैरानी नहीं होती?...? लेकिन बच्चे को जन्म देने के बाद में तो प्रत्येक माता को प्रसन्न देखा गया है। आप ऐसी समझदारी नहीं कर ...
- बच्चे को बेच दें?...? चुप कंजूस कहीं के ऊपर से कहते हैं हम गरीब हैं। आप गरीब नहीं कंजूस हैं।हर आदमी के ऊपर हमारा आक्रोश ...
- बच्चे को बेच दें?...? चुप कंजूस कहीं के ऊपर से कहते हैं हम गरीब हैं। आप गरीब नहीं कंजूस हैं।हर आदमी के ऊपर हमारा आक्रोश है...
- बच्चे को हम माँ के पेट में किस तरीके से धकेल पाएगें?...? बच्चे को पेटवाले को पीछे पिता के वीर्य कण के रूप में कैसे धकेल पाएगें। ये सम्भव नहीं है। आपकी उमर तो...
- बच्चे क्या अनुदान पा सके?...? देश की अर्थ व्यवस्था और प्रगति में पिछड़ी नारी ने क्या योगदान दिया? समाज को समुन्नत बनाने में वह क्य...
- बच्चे क्या अनुदान पा सके?...? देश की अर्थ-व्यवस्था और प्रगति में पिछड़ी नारी ने क्या योगदान दिया? समाज को समुन्नत बनाने में वह क्य...
- बच्चे क्या दिखाते हैं?...? कला दिखाते हैं। ओ हो क्या नाचते हैं। कभी कहते हैं कि मैं तो नाराज हो जाऊँगा और मैं तो ये ले लूँगा। अ...
- बच्चे क्या सुरक्षा पा सके?...? देश की अर्थव्यवस्था और सामाजिक प्रगति में पिछड़ी नारी ने क्या योगदान दिया? स्वयं नारी, जीवन का क्या ...
- बच्चे घर में हैं क्या?...? टॉफी लेकर के जाते हैं। लेमनचूस लेकर के जाते हैं। कुछ लेकर के जाते हैं। गुरुजी आए हैं, प्रसाद लेकर के...
- बच्चे जब आएँगे और हमसे माँगेंगे कि पिताजी हमको भी मिठाई दे दीजिए तब हम उन्हें मारेंगे और कहेंगे कि तुम कोई कमाते हो?...? हम तो हजारों रुपए महीना कमाते हैं, सो हम खाएँगे। अगर आप ऐसे आदमियों में से हैं, जो अपने छोटों को, अप...
- बच्चे जब आएँगे और हमसे माँगेंगे कि पिताजी हमको भी मिठाई दे दीजिए, तब हम उन्हें मारेंगे और कहेंगे कि तुम कोई कमाते हो?...? हम तो साढ़े छह सौ रुपये महीना कमाते हैं, सो हम खाएँगे। अगर आप ऐसे आदमियों में से हैं, जो अपने छोटों ...
- बच्चे देखकर कितने खुश होते हैं देखने वालों को कितना अचम्भा होता है?...? लेकिन क्या कठपुतली अपने आप नाचती है, नहीं, कठपुतली अपने आप नहीं नाचती; बाजीगर के हाथ में उसके धागे ज...
- बच्चे ने पूछा—समुद्र कैसा होता है?...? पिताजी ने गड्डा खोदा और उसमें जरा-सा पानी डाल दिया। उन्होंने कहा गड्ढा है? हाँ। पानी से भरा है? हाँ।...
- बच्चे ने विनम्र उत्तर दिया-माँ यदि पढ़ाई से दूसरों का कुछ हित न हुआ तो ऐसी पढ़ाई लिखाई से क्या लाभ?...? यह उत्तर देने वाला छात्र ही आगे चल कर महात्मा हँसराज के नाम से प्रख्यात हुआ।...
- बच्चे बिचारे का सिर फूट गया, ओहो, बड़ा कष्ट है, तू गिर गया था, कैसे गिरा था?...? किसने मारा? कहाँ चोट लगी है? आदि प्रश्नों के उत्तर में वह जो अभिनय करेगा, उससे आपका मनोरंजन तो होगा,...
- बच्चे माँ-बाप की चिन्ता क्यों करेंगे कि पिताजी का यह काम कैसे होगा?...? वह काम कैसे होगा? पिताजी का कर्ज कैसे चुकेगा? बच्चों को क्या पता? पिता को ही यह ध्यान रखना पड़ता है क...
- बच्चों के लिए, उन्हें देने के लिए क्या हो सकता है?...? पिताजी गुब्बारा देना, टॉफी देना, लेमनचूस देना। पिताजी चाबी की रेलगाड़ी लाना। हम बरफ की कुल्फी खाएँग...
- बच्चों का क्या होगा?...? औरतों का तो यह भी है कि कुछ खेती-बाड़ी में काम आ सकती हैं, कुछ मेहनत-मशक्कत कर सकती हैं। बच्चे तो खाम...
- बच्चों का निर्माण, बड़ों का सन्तोष और बराबर वालों का सहयोग किस प्रकार सम्भव हो सकता है?...? इसके लिए नीति, शासन एवं मनोविज्ञान शास्त्र का समन्वय करना चाहिए। घर को गन्दी सराय न रहने देकर यदि हर...
- बच्चों का मोह दूर नहीं करते हो?...? मित्रो! उन्होंने खाना खा लिया। वे खाना खा रहे थे और बीबी पंखा कर रही थीं। खाने के बाद बीबी ...
- बच्चों की ऊँची शिक्षा दिलाने वाले गृहस्थ के लिए अपना पारिवारिक तथा शिक्षा सम्बन्धी खर्च चलाना भी मुश्किल होता है, फिर विवाह के लिए इतनी लम्बी-चौड़ी रकमें कहाँ से आयें?...? जब बच्चे बड़े होने लगते हैं तब लगातार दो-दो वर्ष बाद उनके विवाह करने पड़ते हैं। लड़की वाला ही नहीं, लड़क...
- बच्चों की परवरिश कैसे करेगा?...? मित्रो! इस ख्याल का आदमी हूँ, जो हमेशा से यह कहता रहा हूँ कि कुटुम्ब बढ़ाने से पहले हजार बार सोच विचा...
- बच्चों की ब्याह-शादियाँ जंगली अफ्रीकियों में करेंगे क्या?...? जो टट्टी जाकर के और टट्टी भी नहीं धोते हैं। उनमें हम तो नहीं रहेंगे। बेटा, वहाँ बहुत रुपया, बहुत कमा...
- बच्चों की शिकायत?...? हाँ, बच्चों की शिकायत कि क्या आप देंगे? हाँ बेटे! हम आशीर्वाद देंगे की चालीस लाख आदमी जो यहाँ आए...
- बच्चों की शिक्षा में कितना खरच किया और अभी तेरे पास कितना बचा है?...? दो हिस्सों में बाँटकर हम अपनी संपदा का पता लगा सकते हैं। ठीक इसी प्रकार से आत्मिक प्रगति को दो हिस्स...
- बच्चों की सेहत को कैसे सुधारा जा सकता है?...? महर्षि कर्वे के आश्रम में जाकर मैंने यह सब सीखा। उन्होंने कहा कि मैं बन्धन का जीवन नहीं जीना चाहता और...
- बच्चों के ऊपर बड़ी एवं भारी चीज का वजन लादना बड़ा मुश्किल है, अतः आप छोटी-सी चीज से शुरू कीजिए और फिर क्या काम करें?...? आप फिर एक और कदम यह बढ़ाइये कि प्रातः और सायंकाल गायत्री माता की सामूहिक प्रार्थना—आरती किया करें। यद...
- बच्चों के पोषण में हमें इस तत्व का विशेष ध्यान रखना चाहिए कि उन्हें पर्याप्त मात्रा में प्रोटीन वाले पदार्थ प्राप्त हो रहे हैं या नहीं?...? बड़ों के शरीर की टूट-फूट के लिए भी प्रोटीन लाभदायक है। प्रोटीन वाले पदार्थ इस प्रकार हैं-बिना छना गेह...
- बच्चों के लिए उन्हें देने के लिए क्या हो सकता है?...? पिताजी गुब्बारा देना, टॉफी देना, लेमनचूस देना। पिताजी चाबी की रेलगाड़ी लाना। हम बरफ की कुल्फी खाएँगे ...
- बच्चों के लिए खरच किया कि नहीं किया?...? यह आध्यात्मिकता का सिद्धान्त है कि आप कमायें, तो कमाने पर कोई रोक नहीं। इसके लिए कोई पूछताछ करने वाला...
- बच्चों के लिए दूध कहाँ से आएगा?...? तब ऐसा हुआ करता था कि साल भर में एक दिन ऐसा आता था कि जिसके पास जितने बच्चे होते, जरूरी वाले दो-चार ...
- बच्चों के लिए मकान कहाँ से आयेगा?...? बच्चों के लिए दूध कहाँ से आएगा? तब ऐसा हुआ करता था कि साल भर में एक दिन ऐसा आता था कि जिसके पास जितन...
- बच्चों के लिए हम करेंगे क्या?...? वरन् यह भी सोचना चाहिए कि बच्चों को हम क्या और कैसे संस्कार देंगे? बच्चों को जो करना है, जैसा भी उनक...
- बच्चों के संस्कार सबसे ज्यादा जरूरी हैं, अपेक्षा इसके कि उनके लिए, आगे की पीढ़ी-दरपीढ़ी के लिए सोचते रहें और सम्पत्ति इकट्ठा करते रहें और उनके लिए न मालूम क्या-क्या आशाएँ सँजोकर रखें?...? यह जरूरी नहीं है। जरूरी हैं उनके संस्कार। इसी पर आप ध्यान दीजिए। जैसा कि अभी मैंने कहा है। आशा है आप...
- बच्चों के साथ आपका व्यवहार कैसा हो?...? बड़ों के साथ आपका व्यवहार कैसा हो? बराबर वालों के साथ आपका व्यवहार कैसा हो? मिल-बाँटकर खाने में कैसा ...
- बच्चों के सिर के बाल लोग मेरे ऊपर पटक जाते हैं, तो क्या मैं इससे प्रसन्न होऊँगी?...? और नहीं पटकें तो मैं नाराज हो जाऊँगी? आप ही बताइये कि मेरे बारे में यह जो अफवाहें फैलाई हुई हैं, यह ...
- बच्चों को आगे बढ़ाने तथा पढ़ाने के लिए पैसों की जरूर पड़ती है?...? नहीं, पैसों की नहीं, सुसंस्कारों की आवश्यकता पड़ती है, जिसका नाम भावना है। अगर सुसंस्कार हो, तो कोई म...
- बच्चों को कितना शानदार बना दिया क्यों?...? उन्होंने अपने आपको शानदार बना लिया और उन्होंने माला घुमाना सीखा होता और तरह के जंत्र, मंत्र और तंत...
- बच्चों को कितना शानदार बना दिया?...? क्यों? क्योंकि उन्होंने अपने आप को अच्छा बना लिया? और उन्होंने माला घुमाना सीखा होता और तरह-तरह के म...
- बच्चों को कैसे पढा़एँगे?...? धर्मपत्नी का स्वास्थ्य कैसे अच्छा करेंगे? अपने जीवन को भी ठीक कैसे बनाएँगे? आप इस तरीके से योजनाएँ ब...
- बच्चों को कैसे पढ़ाएँगे?...? धर्मपत्नी का स्वास्थ्य कैसे अच्छा करेंगे? अपने जीवन को भी ठीक कैसे बनाएँगे? आप इस तरीके से योजनाएँ ब...
- बच्चों को क्या पता?...? पिता को ही यह ध्यान रखना पड़ता है कि अगर हम नहीं रहे या आगे चलकर बच्चे बड़े होंगे तो उनको खिलाने-पिलान...
- बच्चों को छोटेपन में सिखाया जाता है?...? हाँ बेटे, सिखाया जाता है, उनको पढ़ाया जाता है, संस्कार दिए जाते हैं। कथा-कहानियों के माध्यम से छोटे ...
- बच्चों को जब माँ-बाप खाना खिलाते ही हैं, कपड़ा पहनाते ही हैं, फीस और पढ़ाई का खरच देते ही हैं, तो उनको आँखों के आगे ही रख करके खरच उठाया जाए ये क्या बात है?...? ऐसा भी तो हो सकता है जो खरच माँ-बाप बच्चों के लिए उठाते हैं वह खरच उस तरह की शिक्षा प्रणाली के लिए ग...
- बच्चों को जिबह नहीं करेंगे तो हमारा बुत खायेगा क्या?...? अच्छा तो एक काम करो—बकरी को मार डालो। ऊँट को ‘जिबह’ कर लो। गाय को ‘जिबह’ कर लो। कई बच्चों को मारो मत...
- बच्चों को माँ का प्यार-मोहब्बत तो थोड़ा मिलता भी है, परन्तु बाप का प्यार-मोहब्बत कहाँ मिलती है?...? मित्रो! सभी के अन्दर एक भूख होती है और वह है, प्यार-मोहब्बत की। उसके बिना इंसान की प्रगति नहीं हो सकत...
- बच्चों को समझा देना चाहिए कि यदि शालीनता और सज्जनता को अपनाने वाले लोग कहीं मिलेंगे तो उन्हीं के साथ सम्बन्ध जोड़ा जायगा अन्यथा यदि सारा समाज मोहान्ध हो चुका हो तो फिर विवाह करके उस दुष्टता को और अधिक बढ़ाने से क्या लाम?...? इससे अच्छा तो अविवाहित रहना ही है। बच्चे यदि यह बात सुनते-समझते रहेंगे तो यदि भ्रष्ट परम्परा अपनाये ...
- बच्चों को हम गोदी में लिए फिरते हैं, क्यों?...? जो हमसे इतने छोटे हैं, उनकी समझदारी भी कम होती है। जिनकी क्षमताएँ कम हैं, जो उठने में असमर्थ हैं, तो...
- बच्चों को हम पढ़ाएँगे क्या?...? बच्चों के लिए हम करेंगे क्या? वरन् यह भी सोचना चाहिए कि बच्चों को हम क्या और कैसे संस्कार देंगे? बच्...
- बच्चों को, कुटुम्बियों को रोते हुए छोड़ आए, यह क्या हुआ?...? कहते हैं कि जब राम वनवास गए, तो सारी अयोध्या रो रही थी, बिलख रही थी। आप सही मानना, बिलकुल वही स्थिति...
- बच्चों जैसी कल्पना में क्या लाभ हो सकता है?...? मुक्ति का महात्म ये आध्यात्म शास्त्र में सिखाया है, ये बताया है और ये सुनाया है कि जो आदमी, जो आदमी ...
- बच्चों ने पूछा—हमारा बुड्ढा कहाँ है?...? बुड्ढा जहन्नुम में चला गया।
अब क्या होना है? यही होना है। आप में से कोई बुड्ढा तो नहीं है? अ...
- बच्चों ने पूछा—हमारा बुड्ढा कहाँ है?...? बुड्ढा जहन्नुम में चला गया।अब क्या होना है? यही होना है। आप में से कोई बुड्ढा तो नहीं है? अच्छा अभी ...
- बच्चों से अलग माँ-बाप रहेंगे कहीं?...? नहीं, कभी भी नहीं रह सकते।
बेटे! आपके, हमारे गुरु और शिष्य के जो बन्धन हैं, जन्म-जन्मान्तरों तक चले...
- बच्चों से माँगना क्या?...? माँगने में क्या रखा है उनके पास। इसीलिए तुमसे हमको तो कुछ माँगना नहीं है, लेकिन माँगना ये है कि वहाँ...
- बजाजियों का क्या होता है?...? जहाँ कहीं भी वे जाते हैं, तो ऑर्डर करते रहते हैं और तरह-तरह की चीजों के लिए, अपने खाने-पीने की चीज...
- बट्रेड रसेल ने ठीक कहा था कि ‘थर्ड वर्ल्ड वार’ के पश्चात् फिर एक और ‘वार’ होगा अर्थात् चौथी लड़ाई भी होगी, लेकिन इस लड़ाई में क्या होगा?...? चौथी लड़ाई में आदमी ईंट और पत्थरों का उपयोग करेगा, फिर टैंकों का उपयोग न हो सकेगा। ईंट और पत्थरों का ...
- बड़ा आया भगवान वाला?...? नहीं साहब! हम बद्रीनाथ भगवान के यहाँ जाएँगे, तो भगवान जी हमको वैकुण्ठ में ले जाएँगे। आपको पता है कि ...
- बड़ा दानी आया?...? मैं तो एक रुपये की सोलह रोटियाँ बाँटूँगा। कहाँ बाँटेगा? वहाँ हर की पौड़ी पर। बड़ा राजा कर्ण बनकर आया...
- बड़ा ही तेजस्वी, देखकर उसने सेना को रुकने का आदेश दिया और युवक से पूछा—"आप कौन हैं?...? " उसने कहा—"हमारे माता-पिता जंगल में तप कर रहे हैं और हमने निश्चय किया है कि जब तक हमारे माता-पिता ह...
- बड़े आए सिद्धि वाले?...? देवताओं का साक्षात्कार करेंगे? बेटे! देवता इतने फालतू नहीं हैं कि आपने पुकारा और वे आ गए। आप शंकर भग...
- बड़े आदमी आयेंगे कहाँ से?...? हमने आपसे कहा है कि भगवान केवल उसी की सहायता करता है जो बड़े कामों के लिए—बड़े उद्देश्यों के लिए अपन...
- बड़े इनसान बनाने के लिए क्या करना पड़ता है?...? अगर पेड़ को बड़ा एवं ऊँचा बनाना हो तो क्या करना पड़ेगा? इसके लिए सिर्फ एक काम करना पड़ेगा कि उसकी जड...
- बड़े काम आखिर बड़ों के बिना कर ही कौन सकेगा?...? प्रश्न क्षेत्र विशेष की परिस्थितियों से निपटने का नहीं है और न समुदाय विशेष से निपटने का। अभावों को ...
- बड़े जोर से आँसू निकल रहे हैं और फिर न जाने क्या हो गया?...? आज तो समर्पण करते हैं और कल-परसों न जाने हम क्या करते हैं? यह कौन-सी श्रद्धा है? यह कौन-सा अध्यात्म ...
- बड़े बच्चे से क्यों होनी चाहिए?...? छोटे बच्चे को तो नेचर चाहती है कि उसका कोई गार्जियन होना चाहिए। नेचर के दबाव से क्या चिड़िया, क्या म...
- बड़े से बड़ा व्यक्ति क्यों नहीं कर पाता?...? इसमें लखपति, करोड़पति, राजा, महाराजा और बड़े-बड़े अधिकारी ही ये काम नहीं कर सकते और एक छोटे से घर मे...
- बड़ों को कब मिलती हैं?...? बड़ों को तब मिलती हैं जब वे मुसीबत में फँसे हुए होते हैं। जैसे मान लीजिए कि वे दुर्घटनाग्रस्त हो गये...
- बड़ों को कब मिलती हैं?...? बड़ों को तब मिलती हैं, जब वे मुसीबत में फँसे हुए होते हैं। जैसे मान लीजिए कि वे दुर्घटनाग्रस्त हो गए...
- बढ़ई कौन होता है?...? वो जो लकड़ी का धंधा करता है। ये वही हैं और अब बामन बन गए हैं। लोगों ने मुझसे पूछा—क्यों साहब! आप तो ...
- बता कहाँ दर्द हो रहा है?...? ’’ मैंने गुरुजी को बताया। गुरुजी ने कहा, ‘‘ले, मेरा हाथ पकड़ और बता कहाँ-कहाँ दर्द हो रहा है?’’ उन्हो...
- बता क्या है इसमें?...? महाराज जी इसमें? इसमें आपके चरणों का जल है, मैं जब कभी जाता हूँ एक साल भर में आपके पास तो आपके चरणों...
- बता दीजिए कि कब हो जायेंगे?...? बेटे, मैं ज्योतिषी नहीं हूँ। आप उस पण्डा के पास जाइये, जो आपका हाथ देखकर बता देगा कि कब तक हो जायें...
- बता दूँ आपको?...? नहीं, आप किसी से कहना मत। कहेंगे तो नहीं किसी से? कह देंगे, तो नहीं बताऊँगा। कहना मत। नहीं तो सबको...
- बता दो जरा?...? कहाँ से आता है साहब। साँप मिट्टी खाता है, कीड़े खाता है। मिट्टी में कहाँ जहर है। नहीं है और कीड़े में ...
- बता नहीं सकते हम कौन हैं?...? ये सारी की सारी चीजें वहाँ से हुईं, जो मुझे गुरु ने शक्तिपात के रूप में दी, हिम्मत के रूप में दीं।कु...
- बता मन तू इसी चाल पर कब तक चलता रहेगा?...? विश्व परिवार की ओर से कब तक आँखें बन्द कराये रहेगा?मन तू शरीर का मित्र बना और आत्मा का शत्रु। शरीर...
- बता मन तू कोयलों के ऊपर मुहरें निछावर करने में क्या बुद्धिमत्ता अनुभव कर रहा है?...? आत्मा रोती बिलखती रही, उसके सन्तोष, उत्थान, कल्याण के लिए एक कदम नहीं बढ़ाया गया, एक प्रयत्न नहीं क...
- बता मालिक कहाँ है?...? ’’ उस लड़के ने कहा—‘‘वह तो भगवान था। वह सबका मालिक है और जर्रे-जर्रे का मालिक है। उसकी हजार आँखें...
- बता सकते हैं आप?...? ऋषियों ने कहा—क्या बतायें, कैसे बतायें, तुमने कभी चखा तो है नहीं। कैसे बता दें कि कैसा होता है? बहुत...
- बता, क्या-क्या दवाई की बेटा?...? ’’ मुझे उस समय भी तेज बुखार था। बुखार में तप्त, परेशान, मैं बोला, ‘‘गुरुजी! मुझे आपके चार-चार डॉक्टर...
- बता, चक्की मरी हुई है या जिन्दा है?...? महाराज जी! चक्की तो मरी हुई है। और तू मरा हुआ है कि जिन्दा है? नहीं महाराज जी! अभी तो हम जिन्दा हैं...
- बता, तुझे कहाँ से मिल जाएगी कामिनी और कांचन?...? " नारद जी ने कहा कि स्वयंवर में देखा था। एक जवान लड़की थी, उसका विवाह होने वाला था और ब्याह के साथ म...
- बता, तुझे कहाँ से मिल जाएगी कामिनी और कांचन?...? " नारद जी ने कहा कि स्वयंवर में देखा था। एक जवान लड़की थी, उसका विवाह होने वाला था और ब्याह के स...
- बताइए अब हम कैसे काम कर सकते हैं?...? आपके काम में हम कैसे सहयोगी बन सकते हैं? हम नहीं बन सकते। और क्या-क्या चाहिए? पहाड़ से भी ऊँचा चाहिए...
- बताइए अबकी बार इस डायरी में क्या है?...? उन्होंने कहा—अब की बार भक्तों की वह डायरी है, जिसमें अल्लाह ताला उनका सुमिरन करता है। उन्होंने कहा—इ...
- बताइए आपको चमत्कार पर विश्वास है?...? मशक्कत पर विश्वास है? आपको मशक्कत के इसलिए कहा जाएगा तो आपका अध्यात्म गायब हो जाएगा, फिर आप क्या करे...
- बताइए आपने कब की थी भगवान् की उपासना?...? गुरुजी! हमने तो कल ही की थी। भगवान् हमारी चौकी पर रखे हुए हैं। बेटे! भगवान् को चौकी पर नहीं, अपन...
- बताइए आपने क्या-क्या जमा कर रखा है?...? सुबह हमने एक किलो घी हवन कर दिया था, वह तो आपके पास डिब्बी में जमा करके रखा होगा? नहीं, देख लीजिए भा...
- बताइए इस चित्र व मूर्ति को देखकर कि इसकी उम्र कितनी होनी चाहिए?...? आपने देखा कि वह बीस साल की जवान युवती जैसी है। अस्सी साल की बुढ़िया तो नहीं है? नहीं गुरुजी, वह तो उठ...
- बताइए इसमें क्या बात है?...? नहीं साहब! हमारे बच्चा नहीं होता, हम तो दुखी हैं। हमारी मनोकामना पूरण हो जाए तो अच्छा है। हमारे बच्च...
- बताइए एक-आध का नाम?...? चलिए मैं औरों के नाम बता सकता हूँ जैसे राजा हरिश्चन्द्र का। गुरु जी! हरिश्चन्द्र जो थे वे तो मर गए। ...
- बताइए कि इतना महत्त्वपूर्ण काम जो कि सारे विश्व का लेकर के चले हैं, जो प्रभाव परिवर्तन का लेकर के चले हैं, वह कैसे होगा और जो हम आपसे कराना चाहते हैं, वह कैसे होगा जरा बताना तो सही, जब शरीर ही नहीं रहेगा, तो कैसे होगा?...? शरीर की आवश्यकता है। मन की आवश्यकता है। मन से आप हमसे जुड़े हैं। शरीर से आप जुड़े हैं, भावनाओं से आप...
- बताइए क्या करना चाहिए?...? गायत्री माता ध्यान ही नहीं देतीं। अब आप ही कुछ और बता देते। अब मैं क्या कहूँ? केवल यही कह सकता हूँ क...
- बताइए क्या करें?...? यह करें कि हमारे शरीर में कई छेद हैं, हम आपके एक छेद में उँगली कर देंगे और एक छेद में आप हमारे उँगली...
- बताइए क्या करें?...? यह करें कि हमारे शरीर में कई छेद हैं, हम आपके एक छेद में उँगली कर देंगे और एक छेद में आप हमारे उँगली...
- बताइए क्या है?...? बेटे, एक युग वह है जिस समय हम एक पेट में बैठे हुए थे। पेट में से बैठकर के जब हमारा परिवर्तन हुआ, तो ...
- बताइए क्या हैं?...? बेटे, एक युग वह है जिस समय हम एक पेट में बैठे हुए थे। पेट में से बैठकर के जब हमारा परिवर्तन हुआ, हमा...
- बताइए गुरुजी के पास मिलता है?...? कोई नहीं मिलता। क्यों? उन्होंने मुझे अपने समतुल्य बना दिया है।
यदि उन्होंने नहीं बनाया होता, तो आज ...
- बताइए न आप?...? हिंदुओं के बच्चों ने इसलिए इनकार किया, क्योंकि उन्हें किसी ने भी ये बताया नहीं कि आखिर ये क्या है? ह...
- बताइए न आप?...? हिन्दुओं के बच्चों ने इसलिए इनकार किया क्योंकि उन्हें किसी ने भी ये बताया नहीं कि आखिर ये क्या है? ह...
- बताइए न, मनुष्य के अलावा कपड़े कौन पहनता है?...? शादी विवाह किसके होते हैं? कुटुम्ब बनाकर के कौन रहता है? दवा दारू का इंतजाम किसके लिए है? बोलना किसक...
- बताइए स्वामी ब्रह्मानंद जी?...? आप गणेश जी की मूर्ति ले आइए, हनुमान जी, शंकर जी को ले आइए और उनकी आरती उतारिए। देवी का मंत्र हम बता ...
- बताइए हम क्या करें?...? बेकार बैठे रहना भगवान् की दी हुई संपदा का तिरस्कार करना है। उसके नियमों की अवहेलना करना है। आदमी ज...
- बताइए, आप और गुरुजी कब आ रहे हैं?...? हाँ बेटे, आपको तारीख और तिथि बता देंगे, थाली लगी हुई रखना। अच्छा तो क्या-क्या पकेगा? बेटा, पकेगा सो ...
- बताइए, आपकी क्या मदद करूँ?...? बहुत डरते-डरते कहा कि आप पाँच सौ डॉलर दे दें तो ठीक है। पाँच सौ डॉलर? अच्छा अभी देता हूँ। उसने चेक ब...
- बताइए, आपने क्या-क्या जमा कर रखा है?...? सुबह हमने एक किलो घी हवन कर दिया था, वह तो आपके पास डिब्बी में जमा करके रखा होगा? नहीं, देख लीजिए भा...
- बताइए, इसमें क्या बात है?...? नहीं साहब! हमारे बच्चा नहीं होता, हम तो दुखी हैं। हमारी मनोकामना पूर्ण हो जाए तो अच्छा है। हमारे बच्...
- बताइए, इसमें क्या हर्ज की बात है?...? नहीं साहब! हमारे बच्चा नहीं होता, हम तो दुखी हैं। हमारी मनोकामना पूर्ण हो जाए तो अच्छा है। हमारे बच्...
- बताइए, उस स्वर्ग में आपको क्या मिलेगा?...? हिन्दुओं के मुताबिक तो वहाँ खीर की नदियाँ होती हैं और बुरा शब्द तो मैं क्या कहूँ आपसे? रहने दीजिए। म...
- बताइए, जादूगर ने मिट्टी से क्या बनाया?...? यह बन गया रुपया। यह क्या है? जादू है। नाक से प्राणायाम कीजिए और भगवान दिखा दीजिए। जादू हो गया बेटे! ...
- बताइए, हम किस तरह से नदी को पार करेंगे?...? हम दोनों को यहीं बैठना पड़ेगा। हम दोनों में से कोई नदी नहीं पार कर सकता।" दोनों ने सलाह-मशविरा किया।...
- बताइये आपकी क्या राय है?...? हाँ आप कहते हैं, तो ठीक है, पर यहाँ कुछ इंतजाम नहीं हो सका। देखिए कोशिश करते हैं, शायद इंतजाम हो...
- बताइये उस मनस्वी की क्या पहचान है?...? मनस्वी की पहचान एक है—सिर्फ एक—कि वह अपनी महत्त्वाकांक्षाओं की धुरी बदल दे? अभी तो चौबीसों घण्टे यही ...
- बताइये कैसे देंगे?...? आपके हाथ की एक नस हम काट देंगे और काटते समय भी कोई पता नहीं चलने देंगे कि आपकी नस कटी है कि नहीं कटी...
- बताइये क्या मैं इस लायक हूँ कि आपकी इच्छा पूरी कर सकूँगा?...? हाँ, बेटे, यह जो दवाई तू बाँटता है, यह क्या चीज है? बस इतना हमको बता दे या तो इसका नुस्खा लिखा दे या...
- बताइये जरा साहब उनका हुआ है?...? बहुत-से पापी लोग थे और वे राम-नाम जपते रहे और राम-नाम जप करके उन सबकी मुक्ति हो गई। जरा उनका नाम बता...
- बताइये, क्या आपको अपना दिल दिखाई पड़ता है?...? नहीं दिखाई पड़ता। आपने अपने गुर्दे देखे हैं? किसी और के भले ही देखे होंगे, पर अपने नहीं देखे होंगे।...
- बताइये, फिर हम अकेले क्या कर पायेंगे?...? जप और अनुष्ठान कोई जादुई चमत्कार कैसे दिखा पायेंगे? नहीं, अध्यात्म जादू-चमत्कार जैसा नहीं है। अध्यात...
- बताओ कहाँ है?...? ’’ पिताजी ने कहा, ‘‘मैं तो अपने पास कुछ रखता नहीं, ये मेरी बेटी है इसी को सब दे देता हूँ। इसी से पूछ...
- बताओ किस काम से आये थे?...? ’’ उसने डरते-डरते कहा, ‘‘गुरुजी, बस थोड़ा बाथरूम के दरवाजे का नाप लेना था।’’ गुरुजी तुरन्त समझ गये और ...
- बताओ क्या राय है तुम्हारी?...? दोनों बच्चों ने कहा-पिताजी! आपने हमें पढ़ा दिया है, हमें लायक बना दिया है; अब हमें एक पैसा भी नहीं चा...
- बताओ तो सही तुम्हारी दुनिया कैसी है?...? नहीं साहब! भूत काट खायेगा।नहीं बेटे, भूत कैसे काट खायेगा? भूत भी तो बेचारा दुखी इंसान है। अपने भाई-भ...
- बताओ, कैसे बन सकेगा?...? ’’ चाँदवानी जी ने कहा-‘‘हम यहाँ यूकिलिप्टस के पेड़ लगायेंगे। उससे पानी सुखायेंगे, तब निर्माण हो सकेगा...
- बताता क्यों नहीं?...? अरे साहब! एक रुपये का माल हो गया। सत्ताईस रुपये का तेरा श्रम और एक रुपये का लंगड़-खंगड़ र...
- बत्तीस साल तक आप जीवित रह सकेंगी कि नहीं रह सकेंगी, आपकी मनोकामना पूरी हुई कि नहीं हुई, कौन जानता है?...? लेकिन मैं आपकी मनोकामना सेकंडों में पूरी कर देता हूँ। आज से आप मेरी कुंती के बराबर माँ हुईं और मैं आ...
- बत्तीस साल से पहले मेरी जैसी सन्तान कहाँ से मिलेगी?...? इतना बड़ा बेटा नहीं मिलेगा, छोटा मिलेगा। फिर मेरे जैसा तो नहीं मिला ना? मिलेगा तो बत्तीस साल का हो ज...
- बदल देने के बाद में मनुष्य की सामान्य समस्याएँ बाकी रह जाती हैं क्या?...? नहीं सामान्य समस्याएँ क्या बाकी रह जाएँगी? पेट पालने की समस्या? अरे बाबा, पेट पालने की समस्या भी कोई...
- बदला न चुकाया हो, तब?...? सहायता न की, तब? तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे? मत झल्लाइए, कोशिश कीजिए, शायद दूसरों का सहयो...
- बदला न चुकाया हो, तब?...? सहायता न की, तब? तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे? मत झल्लाइए, कोशिश कीजिए, शायद दूसरों का सहयो...
- बदला हुआ जीवन तुलसीदास का आप जानते हैं न?...? रामायण को बनाने वाले उस तुलसीदास को आप जानते हैं, जिनके बारे में प्रसिद्ध है कि ‘तुलसीदास चन्दन घिसै...
- बदले हुए आदमी की कौन सहायता नहीं करेगा?...? आप जिस दिशा में भी आगे बढ़ना चाहते हैं, सहायता करने वालों की दुनिया में कमी है कुछ? हर दिशा में कमी ...
- बदले हुए आदमी की कौन सहायता नहीं करेगा?...? आप जिस दिशा में भी आगे बढ़ना चाहते हैं, उसमें सहायता करने वालों की दुनिया में कुछ कमी है क्या? विवेक...
- बदले हुए आदमी की कौन सहायता नहीं करेगा?...? आप जिस दिशा में भी आगे बढ़ना चाहते हैं, उसमें सहायता करने वालों की दुनिया में कुछ कमी है क्या? विवेका...
- बनने से क्या मतलब है?...? बनने से हमारा मतलब है—हमारे चिन्तन का तरीका, हमारे सोचने का तरीका और हमारा दृष्टिकोण। आपके सोचने का त...
- बना सकता हूँ, पर मेरे पास इतना पैसा कहाँ है कि नए जूते बनाने के लिए सामान खरीदकर लाऊँ?...? यदि चमड़ा और सामान खरीद सकूँ तो नए जूते भी बना सकता हूँ।
ईमानदारी, जिम्मेदारी और मेहनत
मित...
- बनाने का तरीका न हो तो?...? आपको मालूम नहीं है। ऊपर बैठी-बैठी देखती रहती हूँ और सुबह तो जाती नहीं, शाम को जाती है। ऊपर से देखती ...
- बनाने के लिए क्या किया?...? किया यह कि अपने आपको और घर के वातावरण को ऐसे ढाँचे में ढाल दिया कि जो बच्चे उसमें विकसित हुए, वे व...
- बनाया किसने है?...? माताजी ने। बेटे! आपके पिता जो दौलत छोड़े जा रहे हैं, वह तो छोड़े जा रहे हैं। आपको कमानी है? नहीं, आप...
- बनाया था कि नहीं बनाया था?...? बनाया था। गुरु का वरदान मिला? हाँ, गुरु का वरदान भी मिला था, पर शिवाजी को माँ ने बनाया था। अनेकानेक ...
- बनायें, बनायें कैसे?...? निर्माण मतलब बनाना होता है। अपने आप को बनाइए। अपने स्वास्थ्य को बनाइए, अपने व्यक्तित्व को बनाइए, अपन...
- बनारस में पानी खर्च हो गया, तो गंगा जी क्या कम हो गईं?...? कम नहीं हो सकतीं। ये लोकहित में प्रवाहित इसके लिए क्या कम पड़ने वाला है? कम किसका पड़ने वाला है? सड़ेगा...
- बनिया बड़ा होता है या पण्डित?...? तू किसको प्रणाम करता है-बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है? लालाजी के या पण्डित जी के? पण्डित ज...
- बनिया बड़ा होता है या पण्डित?...? तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है? लालाजी के या पण्डित जी के? पण्डित ...
- बनिया बड़ा होता है या पण्डित?...? तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है?? लालाजी के या पण्डित जी के? पण्डित...
- बन्दर की कहानी सुनी है?...? बन्दर का बच्चा था। बाप मना कर रहा था—अरे! ये बड़ी-बड़ी चीजें हैं, इनसे दूर रह। मानता ही नहीं, मानता ही...
- बन्दर पेट से पैदा हुआ कि नहीं, यह तो मैं नहीं जानता; क्योंकि आदमी की फिर पूँछ कहाँ गई?...? बन्दरों की जब पूँछें कायम हैं, तो फिर आदमी की पूँछ कहाँ गई? आदमी की अगर पूँछ नहीं है, तो मुझे यह कहन...
- बन्दरों की जब पूँछें कायम हैं, तो फिर आदमी की पूँछ कहाँ गई?...? आदमी की अगर पूँछ नहीं है, तो मुझे यह कहने में शक है कि आदमी बन्दर की औलाद हम लोग रहे हैं कि हमारा जी...
- बन्दरों के समूह को कौन छेड़ता है?...? बर्र के छत्ते में कौन हाथ डालता है? संगठित रहने के अनेक लाभों में से एक लाभ यह भी है कि उससे उद्दण्ड...
- बन्दूक किसी के पास हो और बारूद न हो, कारतूस न हो, तो क्या काम चलेगा?...? हमारे घरों में घरेलू पुस्तकालय होना ही चाहिए। यह बहुत बड़ी सम्पत्ति के बराबर है। किसी घर में जेवर है ...
- बन्दूक न हो, तब क्या कारतूस चलेगी?...? तपस्वी न हो, तब क्या मंत्र सिद्ध हो जाएगा? मंत्र सिद्ध होने के लिए, भगवान् की उपासना करने के लिए आदम...
- बन्धनों में कौन जकड़ सकता है?...? बन्धनों में जकड़ने के लिए उसका अपना ही अज्ञान, और अपनी ही बेवकूफी, और अपने ही कुसंस्कार हैं, जिसने आप...
- बयान झूठा साबित होने पर फिर क्या हो सकता है?...? क्या उसके ऊपर मुकदमा चलाया जा सकता है।...
- बरगद का पेड़ क्यों बड़ा हो जाता है?...? क्योंकि बेटे! उसकी जड़ें इतनी पैनी हो जाती हैं कि दूर-दूर तक फैलती चली जाती हैं। बरगद की जटाएँ निकलत...
- बरगद का पेड़ क्यों बड़ा हो जाता है?...? क्योंकि बेटे! उसकी जड़ें इतनी पैनी हो जाती हैं कि दूर-दूर तक फैलती चली जाती हैं। बरगद की जटाएँ निकलती...
- बरसात के दिनों में यदि बादल पंचम स्वर में गरज उठे तो उसकी गड़गड़ाहट का पृथ्वी में रखे हुए तबले पर क्या प्रभाव पड़ेगा?...? यह देखें तबले का चमड़ा अपने आप फट जायेगा। यह शब्द की शक्तिशाली तरंगों के द्वारा होता है।
इन दो प्...
- बरसात में क्या बात है?...? बरसात में वातावरण है। इसमें पौधा उगने का वातावरण आता है तो घास की सूखी हुई जड़ें, जो जमीन में होती ह...
- बरसात मेरे सिर पर गिरी?...? नहीं, बरसात मेरे सिर पर नहीं गिरी। मैं छाया के नीचे सोया, ठंडक में भी छाया के नीचे सोया। आप ...
- बरात कहाँ ठहरेगी?...? पिसनहारी के कुँए पर। दोपहरी में विश्राम कहाँ करेंगे? पिसनहारी के कुँए पर। पिसनहारी का कुँआ इतनी बड़ी ...
- बराती को जब आप किराया-भाड़ा देते हैं तो जब सन्तों को, ऐसे-ऐसे ऋषियों को बुलाया है, देवताओं को बुलाया है तो उनको भी कुछ देंगे कि नहीं देंगे?...? नहीं साहब! देने-लेने को तो अँगूठा है हमारे पास। नहीं बेटे! यह कुछ नहीं देना पड़ेगा। क्या देना पड़ता ...
- बराबर क्यों नहीं देता?...? मित्रो! इसकी वजह है। भगवान ने मनुष्य के पास जो ज्ञान दिया है, विद्या, बुद्धि और वैभव दिया है, वह एक ...
- बराबर वालों के साथ आपका व्यवहार कैसा हो?...? मिल-बाँटकर खाने में कैसा आनन्द आता है, इसको आप समझें।
एक-दूसरे के दुःख और दर्द, सुख और सुवि...
- बर्ट्रेंड रसेल ने ठीक कहा था कि '' थर्ड वर्ल्ड वार' के पश्चात् फिर एक और 'वार' होगा अर्थात चौथी लड़ाई भी होगी, लेकिन इस लड़ाई में क्या होगा?...? चौथी लड़ाई में आदमी ईंट और पत्थर का उपयोग करेगा, फिर टैंकों का उपयोग न हो सकेगा। ईंट और पत्थरों का उ...
- बर्तन अगर चुपचाप न बैठे रहें, ये कहें दिन में बाजार में घूमा करेंगे, रात को अवे में आ जाया करेंगे, तो बर्तन पक जाएँगे?...? आप ही बताइये? नहीं, सब बिगड़ जाएगा। इसलिए आप बाहर की चिन्ताओं को भूल जाइये। न शरीर को बाहर घूमने दीजिए...
- बर्र के छत्ते में कौन हाथ डालता है?...? संगठित रहने के अनेक लाभों में से एक लाभ यह भी है कि उससे उद्दण्डों को आक्रमण करने से पहले हजार बार व...
- बल इन उपकरणों में कहाँ होता है?...? वह तो शरीर की माँसपेशियों से ही उभरता है। उस उभार में व्यायामशाला के साधन-प्रसाधन सहायता भर करते हैं...
- बलवा कैसे हो गया?...? एक एक कमेटी बैठायी गयी और एक आयोग नियुक्त किया गया, जो इस बात की इन्क्वायरी करे कि दंगा होने की वज...
- बलात्कार आप नहीं पढ़ते?...? हत्याएँ आप नहीं पढ़ते? और इन्सान का एक-दूसरे इन्सान के तईं जो व्यवहार है उसको आप नहीं देखा नहीं है? प...
- बलि ने कहा-क्या है हमारे पास?...? तब उन्होंने कहा था कि तुम्हारे पास जमीन है, उसमें से साढ़े तीन कदम हमको दे दो। नाप लिया भगवान ने और ...
- बलि ने कहा—क्या है हमारे पास?...? तब उन्होंने कहा था कि तुम्हारे पास जमीन है, उसमें से साढ़े तीन कदम हमको दे दो। नाप लिया भगवान ने और ज...
- बलि से क्या मतलब था?...? बलि से मतलब था यज्ञ। यज्ञ और बलि दोनों एकदूसरे से जुड़े हुए हैं। बलि के बिना यज्ञ पूरा नहीं हो सकता।...
- बल्ब कैसे जले?...? दूसरे काम कैसे बनें? इसलिए इनका जुड़ जाना आवश्यक है। जुड़े बिना बड़ी शक्ति प्राप्त नहीं हो सकती, बड़े का...
- बल्ब कैसे जलें?...? दूसरे काम कैसे बनें? इसीलिए इसको जुड़ जाना आवश्यक है। जुड़े बिना बड़ी शक्ति प्राप्त नहीं हो सकती, बड़े क...
- बस अपनी एक ही मनोकामना है-रुपये और कुछ नहीं?...? नहीं और कुछ नहीं। बस, रुपया मिल जाय, तो हम उससे सब कर लेंगे। बच्चा नहीं हुआ, तो दुबारा ब्याह कर ले...
- बस इसके अलावा कुछ किया है क्या आपने?...? ना इसके लिए नहीं किया।
नहीं साहब! भगवान जी की कथा कहलवाई थी। भाई साहब! भगवान जी की कथा आपने इसल...
- बस इसी का नाम विद्या है और अगर किसी को विद्या मिल जाय तब?...? तब वह धन्य हो जाता है। विद्या ही अमृत है मित्रो! शास्त्रों में विद्या की महत्ता के बारे में न जाने...
- बस उन्होंने अपने भगवान से पूछा—मुझे क्या करना चाहिए?...? आपका कहना मानना चाहिए या माँ का? भगवान ने कहा—हमारा। शंकराचार्य ने निश्चय कर लिया और क्या से क्या बन...
- बस उस गरीब को और क्या चाहिए?...? मित्रो! क्या होना चाहिए? बालकों को गुब्बारे के अलावा टॉफी और चाकलेट के अलावा कुछ नहीं मालूम। उनसे कु...
- बस उसने एक ही काम किया कि जीवन के शेष बचे सात दिनों का बेहतरीन इस्तेमाल क्या हो सकता है और इसका अच्छे से अच्छा उपयोग मैं क्या कर सकता हूँ?...? यही सोचता रहा।राजा परीक्षित ने भागवत् की कथा सुनना शुरू कर दिया। राम का नाम लेना शुरू कर दिया। पुण...
- बस एक ही प्रार्थना है कि अगर आप देते हों तो?...? इस तरह ‘‘धियो यो नः प्रचोदयात्’’ का अर्थ हो गया? यही कि आप हमारी कतई रक्षा न करना। आप हमें अपने बल...
- बस की टक्कर में कितने आदमियों की टाँगे टूट गयी हैं, कितने घायल हो गए हैं, कितने मर गये हैं?...? आप आज दुकान जाना बन्द कर दीजिए। सामान्य कार्य को आप बन्द कर दीजिये और ये जो घायल पड़े हैं, इनको पानी ...
- बस तीन थपकी दीं और बोलीं, ‘‘बेटी, क्या हो गया?...? चिन्ता मत कर..., ठीक हो जाएगी। बिल्कुल ठीक हो जाएगी... बिल्कुल ठीक हो जाएगी... बिल्कुल ठीक हो जाएगी।’...
- बस फिर क्या हुआ?...? बस वो जंगली जानवरों के तरीके से रहता था। बोलता भी वैसे ही था, चलता भी वैसे ही था। कच्चा माँस खाता था...
- बस वो जो नवरात्रि चल रही है न?...? सब जगह जाकर के देखिए आप! वहाँ क्या हो रहा है? चण्डी का पाठ हो रहा है? दुर्गा का पाठ हो रहा है—दुर्गा...
- बस, अपनी-अपनी ही बकते रहते हैं, हमारी नहीं सुनेंगे क्या?...? हमारी प्रेरणा पर आप ध्यान नहीं देंगे? हम क्या कहना चाहते हैं, उस पर गौर नहीं करेंगे? उसकी कोई उपयोगि...
- बस, इतनी कम कीमत में आप क्या-क्या माँगते हैं?...? मनोकामनाओं की पोथी माँगते हैं, रुपया माँगते हैं, बेटी-बेटे माँगते हैं, नौकरी में तरक्की माँगते हैं...
- बस, इसी के लिए जन्म लिया था क्या?...? इसको तो कीड़े-मकोड़े और पशुयोनि कहते हैं।
बेटे! आप बुरा मत मानना, बुरा आपको लगता है, तो क्षमा करना...
- बस, और क्या हो सकता है?...? परब्रह्म को कुछ नहीं हो सकता है केवल कायदे का पालन हो सकता है और भय रखना पड़ता है कि परब्रह्म की सत्त...
- बस, ठीक यही तरीका व्यक्ति को और जीवात्मा को परमात्मा के साथ मिलाने का है तो क्या करें, नजदीक आ जाएँ?...? वही मैं कर रहा हूँ। नजदीक आने का एक तरीका है, वह तरीका है—अपने आपको सौंप देना, अपने आपको होम देना, उ...
- बस, दो सौ रुपया?...? हाँ, दो सौ रुपया। अच्छा, तो मालवीय जी देखिए आप हमारे यहाँ आ जाइये। हम आपको ढाई सौ रुपये महीने दि...
- बस, यही चाहते हैं न और तो कुछ नहीं चाहते?...? हाँ साहब! यही चाहते हैं। आपको देवत्व की दृष्टि से अगर हम तीन-चार सौ की नौकरी दिलवा दें, देवता या सन्त...
- बस, ये विचार जब जड़ जमाता हुआ चला गया, तो धीरे-धीरे, धीरे-धीरे ऐसा हो गया, कि फिर वो सब प्राणियों पे दया करने लगा और अन्ततः ज्ञानधर्म का एक बड़ा तीर्थंकर हुआ है, कैसे?...? दिशा तो मिल गई, छोड़ेंगे करेंगे इसके लिए मन कच्चा न होने पावे, भूल भुलैये में न पड़ने पावें। इसलिए क...
- बस, राजा महेंद्र प्रताप ने क्या काम किया?...? सब जगह खबर भेज दी कि हमारा एक छोकरा हो गया, लड़का हो गया। बस, नफीरी बजने लगी, शहनाई बजने लगी और न...
- बस, वह क्या करने लगा?...? वह गंगाजी में चला, उसने राम नाम की जगह राम-खुदा, राम-खुदा कहने लगा। राम-खुदा कहते वह थोड़ा आगे चला और...
- बस, हम तेरी तमीज, तेरी औकात, तेरी अकल और तेरी पात्रता इस आधार पर आँकेंगे कि तुझे जो मिलता रहा है, उसे तूने खरच कहाँ किया?...? पहले यह बता।
नहीं साहब! आपको इससे क्या मतलब है? हम चाहे जैसे खरच करेंगे। आप तो बस पैसा दिलवाइए। ...
- बसन्त पंचमी क्या चीज लाई थी?...? एक चीज लाई थी बस—हमको अपने आप को बदल डालने की हिम्मत! आप बदल डालने की हिम्मत इकट्ठी कर सकें, तो हमार...
- बहक जाएँगे तो हमें दुःख होगा कि हमारा कैसा प्यारा बच्चा था?...? कितने प्यार और मोहब्बत से इसको हमने पाला था और देखो आज यह कहाँ फिर रहा है? चोरों के यहाँ फिर रहा है,...
- बहकावे का नाम भजन रखा है आपने?...? किसने कहा था आपको भगवान को बहका? स्नान कराएँगे! बहुत स्नान कराएँगे! स्नान कराने के लिए आपको अपना श्र...
- बहत्तर गुलफाम मिलेंगे, तो मैं उनसे क्या काम कराऊँगा?...? वे सब मुझे तंग करेंगे। और जो सत्तर हूरें मिलेंगी, तो बता मैं उनका क्या करूँगा? और शराब की जो नहरें...
- बहन का ब्याह नहीं करेंगे?...? आप बड़े हैं तो इसका मतलब यह हो गया कि आपको औरों का भी ध्यान रखना चाहिए। विश्वमाता अपने बड़े बेटों से...
- बहन ने तो उसके अमरूद गिराए थे, वह तो दोषी है, पर मैं दोषी कहाँ हूँ?...? " माँ ने उत्तर दिया—"बेटे! तू उसका बड़ा भाई है, तो उसे रोक सकता था; लेकिन तूने अपनी बहन को गलत काम क...
- बहन ने भाई को राखी बाँध दी और भाई ने उपहार में कुछ दे दिया, बस खतम हो गया मामला?...? गुरु ने रक्षासूत्र बाँध दिया, शिष्य ने कुछ दे दिया। नहीं, गुरु अपनी पूरी जिम्मेदारी के साथ बाँधता है...
- बहन-भाइयों के साथ तो रहेंगे न?...? बोर्डिंग में तो रहेंगे न? समूह में तो रहेंगे न? कहीं भी रहेंगे, अकेले तो नहीं रहेंगे।
आप अकेले भ...
- बहादुरी कहाँ से प्रारम्भ होती है?...? १०. झूठ को सबसे बड़ा पातक क्यों माना गया है?कथाएँ —— (१) एक अंग्रेज युवती ने इटली में घड़ी खरीदी। इंग्...
- बहादुरी क्या चीज होती है?...? अभी मैंने आपके सामने हनुमान जी का उदाहरण दिया, रीछ-वानरों का दिया और ग्वाल-बालों का दिया। मैंने स्वत...
- बहिन मान पाएँ तब?...? माता मान पाएँ तब? सहधर्मिणी मान पाएँ तब? तब! यही महिलाएँ आपके लिए देवी की तरह से सहायक होंगी। आप चाह...
- बहिरंग जीवन को परिष्कृत करने के लिए क्या करना चाहिए?...? दुनिया में एक ही मेथड और एक ही सिद्धान्त है, जो काम आया है और वही व्यक्ति के जीवन के परिष्कार में भी ...
- बहिरंग जीवन में क्या करना पड़ता है?...? हमारे जन्म-जन्मान्तरों के कुसंस्कारों को, आदतों को, जो कहाँ से चली आई हैं? अमीबा से चली आई हैं। अमीबा...
- बहिरंग जीवन से क्या मतलब है?...? हमारे जीवन का एक स्वरूप वह है, जो दिखाई पड़ता है। वह बहिरंग जीवन है। हमारे जीवन का एक स्वरूप वह है, ...
- बहिरंग से क्या मतलब है?...? बहिरंग से मतलब हमारे शरीर से है। सारा फायदा हमारा शरीर उठाता है और जीवात्मा बिलखती रहती है। जो भ...
- बहुत करेंगे दर्शन?...? दर्शन की फिलॉसफी समझते नहीं और दर्शन के लिए कहते हैं। दर्शन करने का मतलब क्या है जानते हैं आप? गाँधी...
- बहुत करेंगे दर्शन?...? दर्शन की फिलॉसफी समझते नहीं और दर्शन के लिए कहते है। दर्शन करने का मतलब क्या है जानते हैं आप? गाँधी ...
- बहुत खर्चीला है, बहुत पण्डित आयेंगे, बहुत दक्षिणा लेंगे?...? नहीं, कोई दक्षिणा नहीं लेगा। आप सब मिल- जुलकर श्लोक बोलेंगे। मिल- जुल करके बाँसों का पण्डाल बना लेंग...
- बहुत दिन पहले की बात है, हमने बहुत तरह की पुस्तकों में और बहुत तरह के शास्त्रों में पढ़ा था कि मरने के बाद क्या होता है?...? कोई कहता है कि मरने के बाद में हम स्वर्गलोक में चले जाते हैं, तो कोई कहता है कि चन्द्रलोक में चले जा...
- बहुत प्यार करते हैं, लेकिन कीमती चीजें?...? कीमती चीजें आपको नहीं मिल सकती, क्योंकि आप बच्चे हैं।
मित्रो! बच्चों को कभी कीमती चीजें नहीं ...
- बहुत मेहनत करते हैं; पर कर्तव्यपालन?...? कर्तव्यपालन अलग चीज है। हमारे फर्ज—हमारी ड्यूटियाँ कहाँ हैं? ड्यूटियाँ और जहाँ कहीं भी हमारे फर्ज हम...
- बहुत मेहनत करते हैं; पर कर्तव्यपालन?...? कर्तव्यपालन अलग चीज है। हमारे फर्ज और हमारी ड्यूटियाँ कहाँ हैं? ड्यूटियाँ और हमारे फर्ज जहाँ कहीं भी...
- बहुत वजन है और पृथ्वी की चाल?...? पृथ्वी की चाल साहब 1 घण्टे में छह हजार मील है। बहुत बड़ी है ना। हाँ बहुत बड़ी है पृथ्वी। जहाँ इसका उत्त...
- बहुत समय से हम आपको गायत्री उपासना का कर्मकाण्ड एवं क्रिया-कलाप समझाते रहे हैं कि पावन गायत्री मंत्र क्या होता है और गायत्री उपासना कैसे की जा सकती है?...? कर्मकाण्ड तो कलेवर मात्र है। यह उपासना का शरीर मात्र है, जिसे अभी हमने आपको बताया।शरीर किसे कहते हैं...
- बहुत समय से हम आपको गायत्री उपासना का कर्मकाण्ड एवं क्रिया-कलाप समझाते रहे हैं कि पावन गायत्री मंत्र क्या होती है और गायत्री उपासना कैसे की जा सकती है?...? कर्मकाण्ड तो कलेवर मात्र है। यह उपासना का शरीर मात्र है, जिसे अभी हमने आपको बताया।शरीर किसे कहते हैं...
- बहुत सारे विरान क्यों पड़े हुए हैं?...? रेगिस्तान क्यों वीरान पड़े हैं? बादलों ने वहाँ क्यों नहीं पानी बरसा दिया? बादलों की कृपा तो है, बादलो...
- बहुत सी चीजें आपको दे दीं, आपको भाग्यवान बना दिया, पर आपका यह अधूरापन कैसे रह गया?...? कमाने की योग्यता के साथ-साथ में आपको ऐसा दिल मिला है, जिसको हम चट्टान का दिल कह सकते हैं, पत्थर का द...
- बहुत-सी चीजें आपको दे दी, आपको भाग्यवान बना दिया, पर आपका यह अधूरापन कैसे रह गया?...? कमाने की योग्यता के साथ-साथ में आपको ऐसा दिल मिला है, जिसको हम चट्टान का दिल कह सकते हैं, पत्थर का द...
- बहुत-से आदमी ऐसे हो सकते हैं जिनके पास शिक्षा न हों और ऐसे आदमी शिक्षित हो भी सकते हैं, जिनकी अकल का तो कहना ही क्या?...? इसके बारे में कल भी कह चुका हूँ कि मालाबार हिल के ऊपर एक वकील रहता था, जिसने हिन्दुस्तान और पाकिस्ता...
- बहुत-से आदमी थोड़े पैसे वाले होते हैं, पर इतना लाभ उठा लेते हैं कि जिसके क्या कहने?...? एक दिन मैंने आपको ईश्वरचन्द्र विद्यासागर की बात कही थी। वे अपनी नौकरी का बहुत थोड़ा हिस्सा अपने लिए र...
- बहुत-से व्यक्ति थे जो सिद्धान्तवाद की राह पर चले और कहाँ से कहाँ जा पहुँचे?...? भस्मासुर का पुराना नाम बताऊँ आपको। मारीचि का पुराना नाम बताऊँ आपको। ये सभी योग्य तपस्वी थे। पहले जब ...
- बहुतों ने जप किया, फिर फल क्यों नहीं मिला?...? फल इसलिए नहीं मिला कि लोगों ने अपनी जीभ को जला दिया। झूठ बोला जीभ जल गई। पराया अन्न खाया, कुधान्य खा...
- बहुरूपिया कैसा होता है?...? बहुरूपिया ऐसा होता है, जो कभी सिपाही बन जाता है, कभी हनुमान जी बन जाता है, कभी स्त्री बन जाता है तो ...
- बहुरूपिया कैसा होता है?...? बहुरूपिया ऐसा होता है, जो कभी सिपाही बन जाता है, कभी हनुमान जी बन जाता है, कभी स्त्री बन जाता है, तो...
- बाँटकर खाने का तरीका क्या हो सकता है?...? बेटे! बाँटकर खाने का तरीका यज्ञ से ज्यादा शानदार और कोई नहीं हो सकता। कैसे? इस रूप में कि जो कुछ भी ...
- बाँटने से हमें क्या फायदा?...? बेटे! बाँटने से अगर आपको यह मालूम पड़ता हो कि यह भी कोई आनन्ददायक चीज है। बाँटने से भी आदमी को सन्तोष ...
- बाँटने से हमें क्या फायदा?...? बेटे ! बाँटने से अगर आपको यह मालूम पड़ता हो कि यह भी कोई आनन्ददायक चीज है। बाँटने से भी आदमी को सन्तोष...
- बाँदी ने कहा—डॉक्टरों ने यह कहा है कि लैला की नसों में खून का एक प्याला चढ़ाया जाएगा, आप अपना खून देंगे क्या?...? जिससे कि लैला की जिन्दगी बचायी जा सके। मजनूँ फौरन तैयार हो गया। उसने, जो कटोरा बाँदी लेकर आयी थी, खू...
- बाँधने के बाद में फिर क्या हुआ?...? फिर वो जो चोर थे, उन्होंने कहा—पण्डितजी! आप तो हमारे गुरु हैं और आप तो पण्डित हैं। बस, जो कुछ हमारे ...
- बाँधों में क्या होता है?...? पानी का बहाव जिस रास्ते से हो रहा है, उसमें रुकावट डाल देते हैं और उस रुकावट का परिणाम यह होता है कि...
- बाँस का तीर-कमान धारण करने वाले, मोर-मुकुट पहनने वाले और हाड़-मास का शरीर धारण करने वाले भगवान को आप देखना चाहते हैं?...? आप उन्हें किससे देखना चाहते हैं? आँख से देखना चाहते हैं। आँखें किस चीज की बनी हुई हैं? चमड़े की ब...
- बाँस का तीर-कमान धारण करने वाले, मोर-मुकुट पहनने वाले और हाड़-माँस का शरीर धारण करने वाले भगवान को आप देखना चाहते हैं?...? आप उन्हें किससे देखना चाहते है? आँख से देखना चाहते हैं। आँखें किस चीज की बनी हुई हैं? चमड़े की बनी ह...
- बाईस हजार आहुतियाँ दे दीं, दस हजार आहुतियाँ दे दीं, तो मैं यह पूछता हूँ कि इतनी आहुतियाँ देने के बाद, जो लोग इसमें आहुतियाँ देने के लिए आए थे, आखिर में आहुति देने के पीछे जो फिलॉसफी जुड़ी हुई है कि हमको उसमें किसकी आहुति देनी चाहिए, क्या त्याग करना चाहिए, बलिदान करना चाहिए, सेवा को जीवन का अंग बनाना चाहिए, यह भी सिखाया क्या?...? नहीं साहब! यह तो नहीं सिखाया। फिर क्या सिखाया, दे आहुति-दे आहुति . . .। बेटे! इससे तेरा क्या फायदा ह...
- बाईस हजार आहुतियाँ दे दीं, दस हजार आहुतियाँ दे दीं, तो मैं यह पूछता हूँ कि इतनी आहुतियाँ देने के बाद, जो लोग उसमें आहुतियाँ देने के लिए आए थे, आखिर में आहुति देने के पीछे जो फिलॉसफी जुड़ी हुई है कि हमको उसमें किसकी आहुति देनी चाहिए; क्या त्याग करना चाहिए; बलिदान करना चाहिए; सेवा को जीवन का अंग बनाना चाहिए—यह भी सिखाया क्या?...? नहीं साहब! यह तो नहीं सिखाया। फिर क्या सिखाया—दे आहुति-दे आहुति.....। बेटे! इससे तेरा क्या फायदा हुआ...
- बाकी आदमी इस कोशिश में लगे रहे कि हम दूसरों से क्या कराएँ और स्वयं क्या करें?...? जबकि होना यह चाहिए था कि जिस तरीके से अर्जुन देव ने न कुछ किया था और न कराया था, केवल अपने आपको बना ...
- बाकी कहाँ गए?...? मर गए। कोई जाड़े के मारे मर गए, तो कोई भूख के मारे मर गए। उनकी हिफाजत नहीं हो सकी, इसलिए वे मर गए।
...
- बाकी का क्या करते थे?...? वह राष्ट्र की सेवा में लगे रहते थे और बगैर किसी स्वार्थ के राष्ट्र की सेवा में लगे रहे, तो वह राष्ट्...
- बाकी क्या है?...? इसके पंख हैं, ये हाथ-पाँव क्या है? ये तो पंख हैं तो फिर असली आदमी कहाँ है? असली आदमी की शक्ति कहाँ ह...
- बाकी देवताओं के बारे में मैं आपको क्या बताऊँ?...? दो देवताओं के बारे में मैं ज्यादा बता सकता हूँ, जिन पर मेरा ज्यादा विश्वास है। एक शिव जी के ऊपर और ए...
- बाकी बालों को नहीं काटेंगे तो आप शिखा रखाएँगे कैसे?...? इसलिए शिखा को रखाने के लिए हमको बाकी बाल कम कर देने पड़ते थे। इसका नाम क्या था? मुण्डन-संस्कार। मुण्ड...
- बाकी समय क्या करते हैं?...? बाकी समय मौन रहते हैं। अधिक से अधिक कितनी देर लोगों से बात कर सकते हैं? लोगों से हम छह घण्टे से ज्याद...
- बाकी समय में क्या करते हैं?...? हम मौन रहते हैं। प्रातः भी मौन रहते हैं और रात को भी मौन रहते हैं।
मित्रो! मैं आपसे क्या कह रहा ...
- बाज ऐसा होता है?...? हाँ बेटे! बाज ऐसा होता है और ऐसा करता है कि आँधी-तूफान की गति से आता है और गरुड़ की गति से आता ह...
- बाज जिन्दगी भर पक्षियों के अण्डे-बच्चे खाता रहता है, उसे कोई शूरवीर कहाँ कहता है?...? डाकू, हत्यारे, कसाई नित्य मार-धाड़ मचाए रहते हैं और कितनों का प्राण हरण करते हैं, उन्हें बहादुर होने...
- बाजीगर की उँगलियों से बँधे कठपुतली के सम्बन्ध सूत्र टूट जाय तो फिर वे लकड़ी के टुकड़े नाच किस प्रकार दिखा सकेंगे?...? कनेक्शन तार टूट जाने पर बिजली के यन्त्र अपना काम करना बन्द कर देते हैं।ईश्वर और जीव का सम्बन्ध सनातन...
- बाजीगर कौन होता है?...? गुरु। कठपुतली कौन होता है? शिष्य। जिस तरीके से कठपुतली अपना समर्पण करती है और कहती है कि जैसा चाहें ...
- बाजीगर कौन होते हैं?...? जो क्रिया पर विश्वास करते हैं। हाथ की हेराफेरी करने से ये मिल सकता है और यह करने से यह मिल सकता है। ...
- बाजीगर क्या करते हैं?...? वे बालों में से बालू निकाल सकते हैं और पेशाब के दीये जला सकते हैं और मुँह में से बन्दर निकाल सकते हैं...
- बाजीगर क्या दिखाता है?...? ऐसे अचम्भे की चीज दिखाता है, जो बच्चों ने पहले नहीं देखी है। उसका नाम है बाजीगरी। आप का मन बाजीगरी च...
- बाजीगरी और जादूगरी है?...? है बेटे! लेकिन ये प्रॉपर चैनल (उचित माध्यम )) से जादूगरी है। इससे कम में जादूगरी नहीं है। फिर क्या क...
- बाजीगरों के काम क्या आती है?...? देखिए साहब, हम मंत्र बुदबुदाते हैं और मिट्टी ले लेते हैं और फूँक मार देते हैं। तो क्या बन गया? ये बन...
- बात कैसे बनेगी?...? आइए हम लोग इस पर विचार करें।जब हम विचार करते हैं, तब मालूम पड़ता है कि हमारे भीतर, हमारे चिन्तन में और...
- बात बहुत पुरानी हो गई, जब टोकन के रूप में हमने इनको आरम्भ कराया था, तब हमने कहा था कि दस पैसे नित्य देना, लेकिन आज दस पैसे किसे कहते हैं—बताइये?...? दस पैसे वाली तीस वर्ष पुरानी बात है। आज तो पैंतीस वर्ष बाद महँगाई कहाँ आ गई? आजकल दस पैसे में क्या आ...
- बात यह थी कि जिनको तू प्यार करता है, जिनको चाहता है, क्या उस चाहत को हमारे सुपुर्द कर सकता है?...? बस! ठीक है, तू आज से हमारा भक्त हो गया। इब्राहिम पैगंबर हो गए। हमारी भी यही बात है। हम भी यही बात कह...
- बात विचारणीय इतनी भर है कि क्या उपयुक्त परिस्थितियाँ उत्पन्न किये बिना, आवश्यक सामर्थ्य उत्पन्न किये बिना, इतना गुरुतर भार वहन करना मनुष्य जैसे दुर्बल प्राणी के लिए सम्भव भी हो सकता है या नहीं?...? पति और पत्नी को मित्रता के समस्त आदर्शों का पालन करना चाहिए। जिस पक्ष से भूल होती हो उसे तत्काल सुधा...
- बात सही है?...? हाँ सही है। हिन्दुस्तान में ‘‘मय’’ नाम का एक दैत्य था। कौन सा था? जो लंका के रावण के खानदान का था, ...
- बात-बात में गुस्से की क्या बात है?...? काम, क्रोध, लोभ और केवल एक कुटुम्ब से, एक घर से, एक शरीर से अपनापन जोड़ लेना, इसको मोह कहते हैं। आदमी...
- बातचीत करें तो किससे करें?...? अकेले ही बात कीजिये। जब मन आता है, तो अकेले भी कर लेते हैं। कोई श्लोक याद आ गया, उसे बोल लिया, कोई म...
- बातचीत कैसी करनी चाहिए?...? लोगों के सामने कैसे विचार व्यक्त करना चाहिए? लोगों के ऊपर अपने चरित्र की छाप कैसे डालनी चाहिए? लोकसे...
- बातचीत न करने के बाद भी महर्षि रमण और पांडिचेरी के अरविन्द घोष इतने ज्यादा काम करने में समर्थ हो गए, आपको मालूम नहीं है क्या?...? बहुत काम करने में समर्थ हो सके। जहाँ कहीं भी आप जाएँ जरूरी नहीं है कि आपको स्वयं ही बोलना चाहिए।...
- बाद में क्या माँगने लगे?...? गुण। मनुष्यों के ऊपर सन्त कभी कृपा करते हैं, तो यही कृपा करते हैं। सन्तों ने किसी पर कृपा की होगी, तो ...
- बाद में जब रहस्य खुला और राजा ने पूछा— तुम्हारे सामने इतनी सम्पदा का ढेर लगा हुआ था, यदि तुम चाहते, तो उसे ले सकते थे, अब तुम्हें कितना इनाम मिल सकता है?...? इनाम की तुलना में वह भेंट कई गुना ज्यादा थी।
बहुरूपिये ने तब यही उत्तर दिया था कि— ‘‘यदि मैं वह भे...
- बाद में मैं विचार करता रहा, इसमें और हमारे में फर्क क्या है?...? फर्क ये है—इसकी समझ में यह आ गया कि मैं हिन्दुस्तान का रहने वाला हूँ और मेरा हिन्दुस्तान से ही काम ह...
- बादल कहाँ से आते हैं?...? समुद्र से। समुद्र का दिया हुआ पानी आप पीते हैं, परन्तु समुद्र को शायद ही आपने देखा हो। सूर्य और चन्...
- बादल कहाँ बरसते हैं?...? वहाँ बरसते हैं जहाँ कि घनी हरियाली होती है। और बादल वहाँ बरसने से इनकार कर देते हैं जहाँ पेड़ नहीं हो...
- बादल का कसूर था?...? बादल का कोई कसूर नहीं था। फिर किसका कसूर? कसूर सिर्फ उसका, जिसने अपना बर्तन, पात्र नहीं रखा। क्य...
- बादल हर जगह वर्षा करते हैं, सूर्य और चंद्रमा हर जगह अपना प्रकाश फैलाते हैं, पृथ्वी हर किसी का भार और मल-मूत्र उठाती है, फिर हमें भी वैसी ही महानता और उदारता का परिचय क्यों नहीं देना चाहिए?...? उदारता प्रकृति के लोग कई बार चालाक लोगों द्वारा ठगे जाते हैं और उससे उन्हें घाटा ही रहता है, पर उनकी...
- बादलों की कृपा अगर रही होती तो तमाम जगह क्यों नहीं हो गए पानी?...? गड्ढे तमाम जगह क्यों नहीं हो गए? भर क्यों नहीं दिए इसने तमाम जगह? बहुत सारे विरान क्यों पड़े हुए हैं?...
- बादलों के तरीके से अपने को गला डालने के लिए कौन रजामंद होता है?...? हवा के तरीके से दरवाजे-दरवाजे पर खुशबू पहुँचाने के लिए कौन तैयार हेाता है? सूरज के तरीके से स्वयं गर...
- बादलों के पास खेत कैसे आ पाएँगे - बताइए?...? खेतों में इतनी सामर्थ होती, तो फिर आप (क्यों) क्यों किसी का इन्तजार करते?
बादलों को ही आना पड़ेगा। ...
- बादलों के पास खेत कैसे आ पायेंगे, बताइए?...? खेतों के पास इतनी सामर्थ्य होती, तो फिर क्यों किसी का इन्तजार करते! मित्रो! बादलों को ही आना पड़ेगा। ...
- बादलों के बराबर उदार देवता कौन सा हो सकता है?...? बिना कीमत पानी बरसाता है। चाहे जितना पानी बरसाता है समुद्र से लाता है और जमीन, प्यासी जमीन को पानी प...
- बादलों को निहारना चाहे तो कौन रोकता है?...? किसी चिड़िया के आगे दाना फेंकते हैं तो कौन रोकता है? किसी की सेवा-शुश्रूषा करने लगे तो कौन रोकता है?...
- बादलों ने पूछा—क्या आपके पास अच्छी वाली जमीन है?...? उसने कहा—नहीं हमारे पास तो केवल चट्टानों से भरी जमीन है। बादलों ने कहा—तब तो यह बेकार है। इसमें तो क...
- बादलों ने वहाँ क्यों नहीं पानी बरसा दिया?...? बादलों की कृपा तो है, बादलों की महिमा तो है। मैं ये तो आपसे नहीं कहता कि बादलों की कोई महिमा नहीं है...
- बादशाहत मिल सकती है?...? हाँ बेटे! मिल सकती है, अगर अपनी अकल ठीक कर ले तब। तेरी अकल जितनी संकीर्ण, जितनी छोटी होगी, उतना ही...
- बादशाहत मिल सकती है?...? हाँ बेटे! मिल सकती है, अगर अपनी अकल ठीक कर ले तब। तेरी अकल जितनी संकीर्ण, जितनी छोटी होगी, उतना ही...
- बाप कहता है क्यों?...? किसलिए? बच्चा कहता है कि सिनेमा देखने जाना है। पिताजी कहते हैं कि तू रोज-रोज पाँच रुपये ले जाता है औ...
- बाप कहता है क्यों?...? किसलिए? बच्चा कहता है कि सिनेमा देखने जाना है। पिताजी कहते है कि तू रोज- रोज पाँच रुपए ले जाता है और...
- बाप का अहसान न हो तब?...? कपड़ा बाप नहीं पहनाये तब? स्कूल के लिए फीस न दे तब? तब बताइये बच्चा कैसे आगे बढ़ेगा? शादी हुई हो आपकी,...
- बाप के कहने पर चला होता और पुरानी परम्परा पर चला होता तो सिवाय दैत्य के क्या हो सकता था?...? बाप-दादे जो काम करते रहे थे, वही घिनौने काम प्रह्लाद ने भी किये होते, पर प्रह्लाद ने अपने आप को बदल ...
- बाप को भी यह विश्वास नहीं है कि जिस बेटे को पढ़ाकर के इतना बड़ा कर दिया और जब उसकी छोटी बच्ची ब्याह-शादी लायक होगी, तो बेटा सहायता करेगा कि नहीं?...? नहीं बेटे, सहायता की आशा अब नहीं करनी चाहिए। माँ को यह आशा नहीं करनी चाहिए कि मैंने अपने बेटे को पाल...
- बाप कौन है?...? सविता—हमारा पिता। एक आँख प्यार की और एक आँख सुधार की। प्यार की आँख गायत्री माता के पास है और सुधार क...
- बाप कौन है?...? सविता-हमारा पिता। एक आँख प्यार की और एक आँख सुधार की। प्यार की आँख गायत्री माता के पास है और सुधार क...
- बाप ने पूछा—कौन है तेरा देवर और जेठ?...? उसने अपने दोनों हाथ ऊपर उठाए और कहा कि ये हैं हमारे देवर और जेठ। इनमें से एक हमारा देवर है और एक हमा...
- बाप रोने लगा तो एक पढ़े-लिखे आदमी ने कहा-अब क्यों रोते हो?...? देवताओं से कामना सिद्धि का का विश्वास नहीं छोड़ेंगे तो यही सब होगा। (३) विवेकानन्द जी के पास कलकत्ते ...
- बाप से भी ज्यादा पराक्रमी बच्चे हो जाएँगे?...? क्यों नहीं हो जाएँगे। गुरु का संरक्षण, गुरु की शक्ति, उनकी प्रेरणा जो साथ में है। गुरु हमें साहस बँध...
- बापू ने कहा-अच्छा यह बताओ चींटी, मकड़ी मधुमक्खी और जंगल के लाखों जीव किस कारखाने में नौकरी करते हैं तथा उनके पास क्या साधन हैं फिर क्या वे लोग भूखे है?...? युवक समझ गया अभाव धन का नहीं मन का है उस दिन से वह परिश्रम में जुट गया।...
- बाबा जी नहाएगा पहले या पहले नागा नहाएगा?...? वैरागी पीछे नहाएगा। नागा बाबा पहले क्यों नहाएगा? वैरागी को कहना चाहिए कि नागाजी आप नंगे हैं, आप हट ज...
- बाबा ये कहाँ से आ गया मैं?...? किसके पास आ गया? नहीं गुरु के हाथ जोड़ूँगा, पैर छुऊँगा। नहीं बेटे! नहीं हो सकता। देवता की शक्ति प्राप...
- बाबा साहब आमटे बड़े मालदार हैं क्या?...? हाँ बेटे बड़े मालदार हैं। एक बार रीडर डाइजैस्ट अख़बार आपने कभी देखा हो, अँग्रेजी का अख़बार है। विदेश ...
- बाबाजी बनते हैं और सन्त बनते हैं और क्या-क्या बनते हैं?...? उन्हें हया, शर्म आनी चाहिए। मित्रो! इस तरह से जनता का समाधान क्या होगा, कैसे होगा? जनता का समाधान नह...
- बामन एक वंश है, एक जाति है और ब्राह्मण?...? ब्राह्मण वंश नहीं हो सकते, जाति नहीं हो सकते। ब्राह्मण एक कर्म है, ब्राह्मण एक स्वभाव है। ब्राह्मण ए...
- बामन कौन होता है?...? बामन होता है- पचास एक एक्यावन, पचास दो बामन, पचास तीन तिरपन, पचास चार चौवन। ये बामन अलग होते हैं ज...
- बामन कौन होता है?...? बामन एक वंश है, एक जाति है और ब्राह्मण? ब्राह्मण वंश नहीं हो सकते, जाति नहीं हो सकते। ब्राह्मण एक कर...
- बार-बार आप क्यों ध्यान रखने के लिए कहते हैं?...? बार-बार इसलिए कहते हैं कि आपने जो बहुत दिनों से सीखा है, मैं चाहता हूँ कि दूसरे स्थान पर आप नई शिक्ष...
- बार-बार जो लोग हमसे पूछते हैं कि आप राजनीति में क्यों नहीं जाते?...? उनसे हमारा यही कहना है कि किसी जमाने में हम राजनीति में थे। उस जमाने में राजनीति में बहुत बड़ी जि...
- बार-बार जो लोग हमसे पूछते हैं कि आप राजनीति में क्यों नहीं जाते?...? उनसे हमारा यही कहना है कि किसी जमाने में हम राजनीति में थे। उस जमाने में राजनीति में बहुत बड़ी जिम्मे...
- बार-बार माँजेंगे और ये क्या कर रहे हैं?...? मंजन। एक बार माँज लीजिये। देखिये, एक बार में दाँत साफ नहीं होते, इसलिए हम बार-बार रगड़ेंगे—बार-बार घि...
- बार-बार वही माला, वही धूपबत्ती तक अपने आपको सीमित किए हुए हैं, फिर आपको किस तरीके से आध्यात्मिक लाभ हो सकता है?...? गायत्री माता, जिसकी हम आपको उपासना कराते हैं, अनुष्ठान कराते हैं, उसकी भक्ति के अगर आप इच्छुक हैं तो...
- बारह आने में?...? अच्छा साहब! तो बारह आने में तय हो गया। ९ के बारह आने के हिसाब से पैसे दिये और खूँटी पर टाँग दिये। बस...
- बारह मात्राएँ चबन्नी में थोड़े ही करूँगी तो कितने में करेगी बाबा?...? एक रुपया में करूँगी। एक रुपया तो बहुत ज्यादा है। नहीं, ईमानदारी से चलो। तो कितने में करूँ? तुम बताओ?...
- बारह, पंद्रह, बीस, साठ परसेंट?...? अपना कमीशन काटे बिना तो बनिया काम ही नहीं कर सकता। चालाक बनिया होगा तो डाँड़ी मारेगा। सौ ग्राम चीज क...
- बारातियों का काम क्या है?...? बाराती लोग सारे दिन फरमाइशें पेश करते रहते हैं और नेताओं का क्या काम होता है? बजाजियों का क्या ह...
- बारातियों का काम क्या है?...? बाराती लोग सारे दिन फरमाइशें पेश करते रहते हैं और नेताओं का क्या काम होता है? बारातियों का क्या होता...
- बारातियों का क्या होता है?...? जहाँ कहीं भी वे जाते हैं, तो ऑर्डर करते रहते हैं और तरह-तरह की चीजों के लिए अपने खाने-पीने की चीजें,...
- बाराती किसे कहते हैं?...? बाराती उसे कहते हैं, जो फरमाइशें करते जाते हैं। साहब! कोका कोला लाइये। छः बजे चाय लाइये। हमको माला...
- बाराती लोग सारे दिन फरमाइशें पेश करते रहते हैं और नेताओं का क्या काम होता है?...? बजाजियों का क्या होता है? जहाँ कहीं भी वे जाते हैं, तो ऑर्डर करते रहते हैं और तरह-तरह की चीजों क...
- बाराती लोग सारे दिन फरमाइशें पेश करते रहते हैं और नेताओं का क्या काम होता है?...? बारातियों का क्या होता है? जहाँ कहीं भी वे जाते हैं, तो ऑर्डर करते रहते हैं और तरह-तरह की चीजों के ल...
- बारिश हो तो क्या, हवा चले तो क्या, शोर-गुल हो तो क्या?...? रास्ता चलते हुए लोग कहते हैं कि देखिए यह घोंसला कितना सुंदर है। यह बया का घोंसला है। बया का घोंसला द...
- बारूद को फैला दें तब?...? तब कैसा अस्त-व्यस्त हो जाएगा। अर्जुन के बारे में आपने सुना नहीं? अर्जुन एक तरीके से मछली का कोई हिस्...
- बाल की नोंक से भी छोटा शुक्राणु जब कुछ ही दिनों में हँसता खेलता शिशु और फिर बाद में पराक्रमी प्रौढ़ बन सकता है, तो उपयोगी परिवर्तन की बात पर किसी को क्यों अविश्वास करना चाहिए?...? युग बदलते ही रहे हैं।...
- बाल की नोक जितना क्षुद्र शुक्राणु यदि साढ़े पाँच फीट का सर्वांग सुन्दर मनुष्य बन सकता है, तो चमत्कार के अतिरिक्त और कहा क्या जाए?...? ग्रह-नक्षत्र अधर में टँगे है और द्रुतगति से घूमते रहते हैं, तो इसे अघटित का घटित होने के अतिरिक्त और...
- बाल खाती है या माल?...? अरे महाराज जी ! माल तो यहाँ भी बहुत है। वे तो बाल खाती हैं। धत् तेरे का, बाल खाती है देवी ! मारवाड़ी...
- बाल नहीं खिलाया तो?...? ये देवी बीमार कर देगी और बच्चे को मार डालेगी। देवी है कि चुड़ैल बैठी है।...
- बाल बच्चे हमने कमाए पैसा हमने कमाया कहाँ है साहब पैसा?...? हमारी बैंक में जमा है। कौन सी बैंक में रखा हुआ है? ये सब लोग जो बैठे हैं, इनका नाम बैंक है। हमको अगर...
- बाल विधवाओं की संख्या भी भारत में ही सर्वाधिक है?...? (७) डॉ० ई. एस. डगलस का कथन है मैंने एक १२ वर्षीय लड़की को गर्भावस्था में देखा जो प्रसव के समय पागल ह...
- बाल विवाह में मानसिक एवं शारीरिक हानियाँ क्या है?...? (४) बाल विवाह से उत्पन्न सन्तान किस तरह की होती है। (५) बाल विवाह लड़की के लिए किस प्रकार का घातक सिद...
- बाल सफेद हुए होंगे या काले?...? सफेद हुए होंगे। अच्छा, एकाध दाँत उखड़ा होगा या नहीं? हाँ साहब! जरूर उखड़ा होगा। अच्छा, कृष्ण भगवान् ...
- बाल सफेद हुए होगे या काले?...? सफेद हुए होंगे। अच्छा, एकाध दाँत उखड़ा होगा या नहीं?? हाँ साहब! जरूर उखड़ा होगा। अच्छा, कृष्ण भगवान ...
- बाल सफेद हो गए हैं?...? नहीं। तो कैसा है? महाराज जी! जवान औरत का है। किसका? गायत्री माता का। हाँ बेटे! जिस गायत्री माता की ह...
- बालक ने तर्क किया उससे क्या होगा माँ?...? जल ही चढ़ाना है तो किसी भी पौधे में क्यों न चढ़ाया जाये? माँ बोली-तुलसी में जल चढ़ाना धर्म कृत्य माना ...
- बालक ने दोनों अण्डे घोंसले में रख दिये और आड़ में खड़े होकर देखने लगा कि आगे क्या होता है?...?
चिड़िया आयी घोंसले पर बैठ गयी। उसने तिरछी गर्दन करके अण्डों को घूरा। बालक को हर्ष हुआ, लेकिन उसने देख...
- बालक सुभाष का यह रूप देखकर अंग्रेज बालकों के होश उड़ गए और वे अपराधी की तरह कुछ नहीं बोले, तब हमारे नेताजी सुभाष बोस उनकी ओर बढ़े और बोले-भारतीय नीच होते हैं?...? ऐसा कहकर उन दोनों को ठोकर से भूमि पर गिरा दिया।
अब तो सारा स्कूल थर्रा उठा। भारतीय लड़कों की प्रसन्नत...
- बालकों को क्या-क्या मिलता है बताइए जरा?...? बालकों को रबड़ की गुड़िया मिलती है और क्या मिलता है? गुब्बारा मिलता है? लेमनचूस मिलता है और क्या मिल...
- बालकों को क्या-क्या मिलता है बताइए जरा?...? बालकों को रबड़ की गुड़िया मिलती है और क्या मिलता है? गुब्बारा मिलता है और क्या मिलता है? लेमनचूस मिलत...
- बालकों को मिलता है?...? हाँ बालकों को भी मिलता है। बालकों को क्या-क्या मिलता है बताइए जरा? बालकों को रबड़ की गुड़िया मिलती ह...
- बालकों को मिलता है?...? हाँ बालकों को भी मिलता है। बालकों को क्या-क्या मिलता है बताइए जरा? बालकों को रबड़ की गुड़िया मिलती है...
- बालकों को रबड़ की गुड़िया मिलती है और क्या मिलता है?...? गुब्बारा मिलता है? लेमनचूस मिलता है और क्या मिलता है? टॉफी मिलती है और क्या मिलता है, झुनझुना मिलता ...
- बालकों को रबड़ की गुड़िया मिलती है और क्या मिलता है?...? गुब्बारा मिलता है और क्या मिलता है? लेमनचूस मिलता है और क्या मिलता है? टॉफी मिलती है और क्या मिलता ह...
- बालकों से माता-पिता का व्यवहार कैसा हो?...?
--पं. श्रीराम शर्मा आचार्यपीस इन द होम लीग नामक एक संगठन बना कर शिकागो में कुछ बच्चों ने निश्चय क...
- बालि से स्वयं ही क्यों न निपट लेते?...? अर्जुन यदि अपने पराक्रम से महाभारत जीत सके होते, तो द्रौपदी का भरी सभा में अपमान क्यों देखते? अज्ञात...
- बालू से क्या हो गया?...? यह तो मैं नहीं जानता, लेकिन यहाँ बालू की नहीं, भावना की बात चल रही है। भावना जरा सी हो, चाहे छोटी हो...
- बालों को खाएगी?...? नहीं, वह तो रोटी भी नहीं खाती। यदि बाल न चढ़ाएँ तो? तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार डालेगी? देवी है...
- बालों को खाएगी?...? नहीं, वह तो रोटी भी नहीं खाती। यदि बाल न चढ़ाएँ तो? तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार डालेगी? देवी है...
- बालों को खाएगी?...? रोटी नहीं खाती? नहीं, बाल खाती है। बाल नहीं खिलाया तो? ये देवी बीमार कर देगी और बच्चे को मार डालेगी।...
- बाल्मीकि का नाम आपने सुना है न?...? पहले उनकी कैसी जिन्दगी थी? पहले वे घटिया वाली खराब जिन्दगी जी रहे थे। आदमी उससे भयभीत रहता था। हर आद...
- बाहर का बैरी बेचारा क्या कर सकता है?...? वह बड़ा गरीब है, बड़ा कमजोर है। उसके पास कोई ताकत नहीं है, सिवाय थोड़े से पैसे का नुकसान पहुँचा देने के...
- बाहर की वर्षा से छाता लगाकर भी बचा जा सकता है, पर जब भीतर से लानत बरसती है तो उससे कैसे बचा जाये?...? धरती पर नर-कीटक, नर-पशु और नर-पिशाच भी भ्रमण करते रहते हैं। देखने में उनकी भी आकृति मनुष्य जैसी ही ह...
- बाहर के आदमियों के लिए आप यह क्यों देखते हैं कि इनका सहयोग हमको मिला कि नहीं मिला?...? दूसरों का सहयोग नहीं मिला, तो न सही, दूसरे आदमी अच्छे नहीं है तो न सही, आप अच्छे बन जाइये ना? आप अपन...
- बाहर के आदमी हमें क्या मार सकते हैं?...? इसलिए हम कहीं भी चले जाते हैं और वहाँ चले जाते हैं, जहाँ जंगलों में शेर रहते हैं और बड़े-बड़े जानवर रह...
- बाहर के लोगों की आप क्यों खुशामद करते हैं?...? बाहर के आदमियों के लिए आप यह क्यों देखते हैं कि इनका सहयोग हमको मिला कि नहीं मिला? दूसरों का सहयोग ...
- बाहर के लोगों की क्यों आप खुशामद करते हैं?...? बाहर के आदमी के लिए क्यों आप ये देखते हैं, इनका सहयोग हमको मिला कि नहीं मिला। दूसरों का सहयोग न मिला...
- बाहर के सन्तों से हम क्या कहेंगे, बाहर सन्त कहाँ हैं?...? उनका नाम लेने से हमारा दिमाग खराब हो जाता है। आप उन बाबाजी से हमें कहने को कहते हैं, जिनने कभी क...
- बाहर को विकसित करने का ढंग आपको मालूम है?...? कसरत कीजिए, पौष्टिक चीजें खाइये, विटामिन्स खाइये, स्थूल को विकसित कीजिए; परन्तु सूक्ष्म किस तरह से व...
- बाहर जाकर खेलते क्यों नहीं?...? बच्चों की प्रतिभा पर यह कुठाराघात ही कहा जाएगा कि उनकी स्वाभाविक रुचि को प्रताड़ित किया जाए तथा उसे ...
- बाहर निकलते ही मैंने गुरुजी से पूछा, ‘‘गुरुजी, क्या सुभाष चन्द्र बोस प्रकट हो जायेंगे और प्रधानमंत्री बनेंगे?...? ’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री, लाल बहादुर शास्त्री बनेंगे।’’ जबकि उस समय तक ऐसी न कोई सूचना थी, न...
- बाहर वाला क्या जान सकता है कि आपकी परिस्थितियाँ क्या थीं और आप क्या कर सकते थे?...? मित्रो! अगर आप दो कामों में समर्थ हो सके, तो मैं आपको योगी कहूँगा और आपको तपस्वी कहूँगा। अगर आप यह...
- बाहर वाली जिन्दगी क्या है?...? एक पेड़ है, दरख्त है। उसके ऊपर फल आते हैं, पत्ते आते हैं, फूल आते हैं, कलियाँ आती हैं, लेकिन असल में...
- बाहर वाले का खून जो लगा देते हैं किसी को, तब क्या होता है?...? वह खून केवल तीन दिन तक रहता है, चौथे दिन वह खत्म हो जाता है तो फिर महाराजजी! क्यों लगाते हैं खून? इस...
- बाहर शान्ति है कहाँ?...? जिसको तलाश करने के लिए आप जा रहे हैं? उसने कहना नहीं माना। उसने कहा कि मैं तो तीर्थयात्रा के लिए ज...
- बाहर से भगवान के दर्शन करेंगे तो उतना पुण्य नहीं होगा तो कैसे पुण्य होगा?...? वृन्दावन में रंग जी के मन्दिर में यह कहते रहते थे पुजारी कि आपको भीतर से भगवान के दर्शन करने हों तो 5...
- बाहर से भी पिसेंगे और भीतर से भी पिसेंगे तो आप मरेंगे नहीं?...? आप ऐसे मत कीजिए। आप क्या करें? आप बुराइयों को बरदाश्त करें? नहीं, यह तो मैं नहीं कहता कि बुराइयों को...
- बाहर से सतही काम कर दिया, (मेहनत) शरीर से काम करा दिया, बेगार भुगत दी — बात कैसे बनी?...? आप यहाँ से जाने के बाद में अपनी कार्य पद्धति में ये बात शामिल करना। आलस्य और प्रमाद को हटा देना। आप ...
- बाढ़ कब आ जाए, कोई ठिकाना नहीं?...? प्रकृति हम सबसे बिल्कुल नाराज हो गई है, इसलिए उसने काम करना बन्द कर दिया है। यह ऐसा भयंकर समय है।ऐसे...
- बिखराव को रोकने के लिए क्या करना पड़ता है?...? संयम का इस्तेमाल करना पड़ता है। उसमें एक है—जीभ का संयम। अगर आप जीभ का संयम कर पाएँ तो मैं आपसे कह स...
- बिगाड़ रचने में मनुष्य ने अपनी क्षुद्रता का परिचय कितना ही क्यों न दिया हो?...? पर इस सुन्दर भूलोक के नन्दन वन का संस्थापक, उसे इस प्रकार वीरान न होने देगा जैसा कि कुचक्री उसको विस...
- बिगाड़ेगा तो सबके लिए बिगाड़ेगा, लेकिन अगर अपने नियम-व्यवस्था बिगाड़ेगा तो मैं आपसे यह पूछता हूँ कि दुनिया जिन्दा रहेगी या मरेगी?...? नहीं महाराज जी! हमारी मनोकामना पूरी करा दीजिए। बेटे ! तू पागल है। मित्रो! भक्त के लिए मनोकामना जैसा ...
- बिच्छू कैसे होते हैं?...? बेटे, बिच्छू ऐसे होते हैं कि जब वे अपनी माँ के पेट में से जन्म लेते हैं अण्डे के रूप में, तो अण्डे प...
- बिछुआ कौन से पैर में था?...? कान में जेवर किस तरह का था? उनकी साड़ी कैसी थी? बॉर्डर कैसा था? बताना तो सही।
मन जंगली हाथी...
- बिजली कहाँ पैदा होती है?...? जनरेटरों में होती है। जहाँ बिजलीघर बने हुए हैं, वहाँ बड़े-बड़े विशालकाय जनरेटर चल रहे हैं और वे हजार...
- बिजली का गलत उपयोग होने लगे तब?...? तब तो बेटे मुसीबत आ जाएगी। अगर कहीं से कोई एक तार लीक करने लगे तो सारे के सारे टिन शेड में करेण्ट फै...
- बिजली का तार लगा हो, परन्तु उसका सम्बन्ध जनरेटर से न हो तो करेंट कहाँ से आएगा?...? उसी तरह हमारे अन्दर अहंकार, लोभ, मोह भरा हो तो वे चीजें हम नहीं पा सकते हैं, जो भगवान के पास हैं। अपन...
- बिजली का तार लगा हो, परन्तु उसका सम्बन्ध जनरेटर से न हो तो करेण्ट कहाँ से आयेगा?...? उसी तरह हमारे अन्दर अहंकार, लोभ, मोह भरा हो, तो वे चीजें हम नहीं पा सकते हैं। जो भगवान् के पास हैं।...
- बिजली की कोई शक्ल है?...? नहीं, बेटे, बिजली की कोई शक्ल नहीं है। बिजली जब पंखे में चलती है, तो पंखा घूमता है। बल्ब में चलती ...
- बिजली के पॉजिटिव और निगेटिव दोनों तारों को अलग-अलग रखना चाहते हैं तो उनके अन्दर करेंट कैसे आएगा?...? उपासना में त्याग की बात सिखाई जाती है और आप भोग की बात कहते हैं। योग भावनात्मक है, क्रियात्मक नहीं, ...
- बिजली के बल्ब में प्रकाश कहाँ से पैदा होता है?...? यह जलने से पैदा होता है। गरमी से बल्ब जलते रहते हैं और गरमी से दीपक जलते रहते हैं। रोशनी किससे होती ...
- बिजली क्या है?...? ताप का ही एक रूप है। शरीर में तभी तक जीवन है जब तक उसका तापमान नियत मात्रा में बना रहे, उसके गिरने प...
- बिजली पाँच सौ वर्ष पहले कहाँ थी?...? हवाई जहाज और पानी के जहाज कहाँ थे? टेलीफोन और टेलीग्राम कहाँ थे पाँच सौ वर्ष पूर्व। आजकल जितनी मशीन ...
- बिजली से बल्ब को नहीं जोड़ते हैं, तो उसकी कीमत क्या है?...? कुल ढाई रुपये, उसे रखे रहिए आप, कोई फायदा नहीं। आप हीटर नहीं हो सकते, आप कूलर नहीं हो सकते, आप बिजली...
- बिना मेहनत के कोई चीज कैसे पायी जा सकती है?...? मेहनत-मशक्कत करने के बाद ही सारी चीजों को प्राप्त किया जा सकता है। आपको अपने प्रति कठोर तथा दूसरों...
- बिना उत्थान प्रयासों के कुसंस्कारी निकृष्टता कैसे घटे?...? उत्थान का सम्बल कहाँ से मिले? इन प्रश्नों का उत्तर एक ही निकाला गया-तीर्थ यात्रा का प्रचलन।व्यक्तिगत...
- बिना कीमत पानी बरसाता है; चाहे कितना भी पानी बरसाता है; समुद्र से लाता है और प्यासी जमीन को पिलाने के लिए उँड़ेल देता है; लेकिन आप ध्यान दीजिए, उस पानी से कौन लाभ उठा पाता है?...? हर कोई फायदा उठा लेता है? नहीं, हर कोई लाभ या फायदा नहीं उठा पाता। हर जगह हरियाली बादलों से हो जाती ...
- बिना जड़ का पेड़ कब टिकेगा और किस प्रकार फूलेगा-फलेगा?...? तपश्चर्या के मौलिक सिद्धान्त हैं—संयम और सदुपयोग। इन्द्रिय संयम से, पेट ठीक रहने से स्वास्थ्य नहीं ब...
- बिना ठोस-सुदृढ़ आधार के महल का ढह जाना क्योंकर आश्चर्य होगा?...? मानसिक, बौद्धिक तथा आत्मिक पतन के कारण ही जीवन व्यवहार में जमीन-आसमान का अन्तर आ जाता है। इस पतन की ...
- बिना तप किए महादेव जी प्रसन्न हो सकते थे?...? बिना तप के वे प्रसन्न नहीं हो सकते। पार्वती जी ने क्या किया था? उन्होंने ‘‘नमः शिवाय’’ के साथ-साथ मे...
- बिना तपे धातु का शुद्ध स्वरूप कैसे निखरे और उससे उपयोगी औजार कैसे बने?...? क्रियमाण दुष्कर्म एक ही माँग करता है कि जितनी गहरी खाई खोदी गई है, उसमें उतनी ही मिट्टी डालकर स्थिति...
- बिना नहाये भला ठाकुर जी का काम किस तरीके से चलेगा और नहाये बिना हमारा भी काम कैसे चलेगा?...? वस्त्रों की सफाई के बिना, पूजा-पाठ की जगह की सफाई के बिना, कमरे में झाड़ू लगाये बिना तो कोई काम नहीं ...
- बिना परिश्रम किये आप क्यों खायें?...? आपने मजदूरी करने के लिए प्रतिज्ञा की है, पूरी मजदूरी क्यों नहीं करें? पूरी मजदूरी का अर्थ है—पसीने क...
- बिना पुरुषार्थ के कमाई जा सकीं?...? ना! कमाई नहीं जा सकेंगी। (नी) जब पुरुषार्थ करना पड़ता है उन्नति के लिए, उस उन्नति के लिए किए हुए पुरु...
- बिना पुरुषार्थ के कमाई जा सकीं?...? ना, कमाये नहीं जा सकेंगी! कठिन पुरुषार्थ करना पड़ता है उन्नति के लिए। उस उन्नति के लिए किये हुए पुरुष...
- बिना पढ़ी गँवार हूँ तो क्या है?...? अछूत हूँ तो क्या है? क्या मैं सेवा नहीं कर सकती? बस, शबरी के मन में आया हाँ, मनुष्य की सेवा करना भ...
- बिना बताये घर से क्यों चला आया?...? इस प्रकार तुझे नहीं आना चाहिए। तू नहीं जानता, मुझे कितनी तकलीफ हुई।’’ मैं आश्चर्य में पड़ गया। मैंने ...
- बिना बियर के नहीं रह सकते?...? नहीं, बिना बियर के दुनिया हमें खा जाएगी।
भूत-प्रेतों की दानवीय संस्कृति होगी हावी
...
- बिना बियर के नहीं रह सकते?...? नहीं, बिना बियर के दुनिया हमें खा जाएगी। भूत-प्रेतों की दानवीय संस्कृति होगी हावी मित्रो! ये सारे के...
- बिना माँगे किसी को क्या पता चलेगा कि आपको क्या जरूरत है?...? क्या आप जरूरत की बात नहीं कहेंगे? आप जरूरत की बात कहिए। जरूरत की बात कहेंगे तो चीजें मिल जाएँगी? हाँ...
- बिना रस्से के हम घोड़े को कैसे बाँध लेंगे?...? लेकिन रस्सा आपके हाथ में है और आप यह कहते फिरें कि घोड़ा आपके हाथ में आ गया। घोड़ा खरीदने के लिए, हजार...
- बिना शर्त की सहायता करेंगे?...? नहीं बेटे! बिना शर्त के कोई सहायता नहीं करता। भगवान की भी एक शर्त है। क्या शर्त है? यही कि आप भगवान ...
- बिना स्नान के आप चौके में कैसे घुस आये?...? स्नान, सफाई-स्वच्छता हमारे आध्यात्मिक जीवन में प्रवेश करने की पहली वाली शर्त है। मित्रो! पहली वाली श...
- बिनोवा अपने आप उठे थे?...? नहीं, अपने आप सन्त रह सकते थे और अपनी गीता का प्रचार करते रह सकते थे; पर दूसरा गाँधी, बापू जी ने बनाय...
- बियर पीने को न मिली तो हम क्या करेंगे स्वर्ग में?...? स्वर्ग के बारे में यह बातें असत्य हो सकती हैं, पर आप में से हर आदमी यह सोचता है कि हमको स्वर्ग में न...
- बिलकुल नहीं होती और होती है, तो बेटे आगे-पीछे तो सबका ही होता है, किसका नहीं होता?...? किसी का साथ होगा, किसी का साथ नहीं होगा। आपके सामने हम बैठे हैं, कितनी बड़ी जिन्दगी पार कर ली है।
...
- बिलकुल पूरी नहीं हुई है और दशरथ की?...? दशरथ की भी पूरी नहीं हुई। दशरथ को शाप लगा हुआ था और भगवान राम चाहते, तो बचा सकते थे, लेकिन नहीं। प्र...
- बिलकुल फरक नहीं है, रत्ती भर का फरक नहीं है, तो क्या फरक है?...? क्वालिटी का फरक है। यही बात इनसान के बारे में भी लागू होती है।
इनसान में भी क्वालिटी का फरक है। ...
- बिलकुल हम पूरा करेंगे और कौन करेगा?...? यह हाथ पूरा करेंगे, जो बैठे हैं। ये करेंगे और इनको करना चाहिए। नहीं साहब! हमने तो पहले ही कर लिया था...
- बिलकुल, हमारा और कोई मतलब ही नहीं था, नहीं तो हम सेंट क्यों लगाते?...? हम सुपरलक्स क्यों लगाते? हम तो इसीलिए लगाते थे कि चौबीसों घण्टे यह जो बदबू निकलती रहती है, इसे किसी त...
- बिलकुल, हमारा और कोई मतलब ही नहीं था, नहीं तो हम सेंट क्यों लगाते?...? हम सुपरलक्स क्यों लगाते? हम तो इसीलिए लगाते थे कि चौबीसों घण्टे यह जो बदबू निकलती रहती है, इसे किसी त...
- बिल्डिंगों का मेन्टीनेन्स क्या हो सकता है?...? आप समझते हैं। बहुत खरच होता है।
ओढ़ी हुई शानदार गरीबी
मित्रो ! नालंदा विश्वविद्यालय ...
- बिल्लियाँ कहाँ से आयीं?...? क्योंकि छिपकलियाँ आ गयीं थी और उन्होंने ऐसे गड़बड़ किया कि उन्हें पकड़ने के लिए बिल्ली आ गयी। फिर उ...
- बिल्ली क्यों आती?...? छिपकलियाँ क्यों आतीं? कुत्ते क्यों आते? दंगा क्यों होता? और बलवा क्यों होता? और खजाने पर हमला क्यो...
- बिल्ली इस घर में गई, उस घर में गई, घर-घर में गई, पुकार करती रही—हमारे बच्चे कहाँ चले गये?...? कहाँ खो गये? बिल्ली क्या कर रही थी? म्याऊँ-म्याऊँ। क्या कर रही थी? तलाश कर रही थी। हमारे बच्चे कहाँ ...
- बिल्ली के गले में घंटी कौन बाँधेगा?...? नहीं साहब! बिल्ली का मुँह पकड़ने की ताकत हममें नहीं है, हम नहीं पकड़ सकते। बिल्ली का मुँह नहीं पकड़ ...
- बिल्ली के गले में घंटी कौन बाँधेगा?...? नहीं साहब! बिल्ली का मुँह पकड़ने की ताकत हममें नहीं है, हम नहीं पकड़ सकते। बिल्ली का मुँह नहीं पकड़ सकत...
- बिल्ली क्या कर रही थी?...? म्याऊँ-म्याऊँ। क्या कर रही थी? तलाश कर रही थी। हमारे बच्चे कहाँ चले गए? बच्चों ने अपनी माँ की आवाज स...
- बिल्ली जब बच्चा देती है, तो क्या सड़क पर देती है?...? नहीं, कोई ऐसा स्थान तलाश करती है, जहाँ कोई आदमी न हो और उसे देखता न हो। ये छिपकर करने वाले काम ह...
- बिल्ली पाल लेने से चूहे घर में कहाँ ठहरते हैं?...? कुविचारों को मार भगाने का एक तरीका है कि उनके स्थान पर सद्विचारों की स्थापना की जाए। मन में जब सद्वि...
- बिल्वमंगल का नाम सुना है न आपने?...? कैसी घिनौनी और कामुक जिन्दगी थी उसकी। पर जब कायाकल्प हुआ, तो अन्धा होने के बाद में भगवान उन्हें अपनी...
- बीच में कोई रोकेगा?...? अब ये रुकेंगे नहीं और रोके भी नहीं जा सकते। शृंगी ऋषि के शाप को कोई हटा नहीं सकता।...
- बीज बोये बिना आप किस तरह से बगीचा लगा सकते हैं?...? बीज की कीमत अपनी जगह पर है, परन्तु दूसरी चीजों की कीमत उससे कहीं ज्यादा है, जो हमारी उपासना को सार...
- बीज की औकात कितनी होती है?...? राई के बराबर होती है और वह जमीन में गल जाता है। गलने के बाद में फिर देखना जमीन की दयालुता, फिर देखना...
- बीज के बिना पौधा कहाँ से उगेगा?...? भले या बुरे कार्य अनायास ही नहीं उपज पड़ते, उनके मूल में सद्विचारों और कुविचारों की जड़ जमी होती है। स...
- बीज को विकसित करके बरगद कैसे बनाया जा सकता है?...? साधना उसी प्रक्रिया का नाम है। साधना और कुछ नहीं है? अपनी जीवात्मा को, अपनी अन्तश्चेतना को विकसित करत...
- बीज को विकसित करके बरगद कैसे बनाया जा सकता है?...? साधना उसी प्रक्रिया का नाम है। साधना और कुछ नहीं है? अपनी जीवात्मा को—अपनी अन्तर्चेतना को विकसित करत...
- बीज से वृक्ष उत्पन्न होता है या वृक्ष से बीज?...? इस विवाद का समाधान कठिन है। एक दूसरे के साथ अविच्छिन्न रूप से जुड़े हुए रहकर ही समाधान मिल सकता है। श...
- बीजमंत्र लक्ष्मी जी का लगाऊँ या हनुमान जी का लगाऊँ?...? बेटे! चाहे जिसका लगा देना, पर यह पाठ तेरहवाँ है। सबसे पहले पहला वाला पाठ पढ़। नहीं साहब! पहला वाला प...
- बीजमंत्र लक्ष्मी जी का लगाऊँ या हनुमान जी का लगाऊँ?...? बेटे! चाहे जिसका लगा देना, पर यह पाठ तेरहवाँ है। सबसे पहले पहला वाला पाठ पढ़। नहीं साहब! पहला वाला पा...
- बीबी अपना फर्ज पूरा नहीं करती, तो हम क्या करें?...? नहीं साहब! वह कटु स्वभाव की है और हमारा कहना नहीं मानती। बड़ी ढीठ और उजड्ड है, ठीक है। समझाने की कोश...
- बीबी का पालन करना, बच्चे पैदा करना और बीबी की रखवाली करना हरेक का काम है क्या?...? नहीं, हरेक का काम नहीं है।व्यक्तिगत रूप से (गुरु बनकर) दीक्षा देना भी सम्भव है लेकिन वह हर आदमी का क...
- बीबी के मायके खबर पहुँची, तो उन्होंने कहा कि हमारी बेटी को तूने मार डालने के लिए शादी की थी क्या?...? आईंदा तूने अगर ऐसी हरकत की तो बहुत दुःख पाओगे और हम अपनी बच्ची को ले जायेंगे। दुनिया भर में क्लेश पै...
- बीबी को क्या तकलीफ हो रही है?...? बीबी की साँस चल रही है। क्यों साहब! इनको आपने पहलवानी की दवा नहीं दी। पहलवानी की दवा क्या होती है? प...
- बीबी को क्या तकलीफ हो रही है?...? बीबी की साँस चल रही है। क्यों साहब ! इनको आपने पहलवानी की दवा नहीं दी। पहलवानी की दवा क्या होती है? ...
- बीबी से पूछते हैं कि बताइए आपकी क्या राय है, बेईमानी से पैसा कमा लें?...? कोई हर्ज की बात नहीं है। सारी दुनिया कमाती है। बाल-बच्चों के काम आएगा, मकान बना लेंगे। बीबी हमको इस ...
- बीबी से प्यार करते हैं?...? नहीं। बीबी के लिए तो हम जोंक हैं। खून की प्यासी जोंक जिससे चिपकती है उसका खून पी जाती है। औरत के लिए...
- बीबी से प्यार करते हैं?...? नहीं। बीबी के लिए तो हम जोंक है। खून की प्यासी जोंक जिससे चिपकती है उसका खून पी जाती है। औरत के लिए ...
- बीबी से प्यार करते हैं?...? नहीं ,, बीबी के लिए तो हम जोंक हैं। खून की प्यासी जोंक जिससे चिपकती है, उसका खून पी जाती है। औरत के ...
- बीबी है, बच्चे हैं, क्या उनका उत्तरदायित्व नहीं निभाना है?...? अध्यात्मवाद में यह थोड़े ही है कि उत्तरदायित्व से पलायन करें। पलायनवाद नहीं है। यह नहीं है कि यह संस...
- बीबी, जो आपके पास है और सारी जिन्दगी जो आपकी सेवा करती है, कितने पैसे में खरीदकर लाये?...? जिस जमीन पर आप रहते हैं। यह जमीन कितने पैसे में खरीदी है? जिस सड़क पर चलते हैं, उस सड़क को कितने पैस...
- बीमा एजेंट के बारे में कुछ जानते हैं आप?...? बीमा एजेंट काम करता रहता है। क्या करता रहता है? बीमा करा दिया, बीमा करा दिया.......। क्यों भाई साहब!...
- बीमार व्यक्ति को कौन मारता है?...? नहीं साहब! अमुक आदमी बुरा है। ठीक है तो क्या बुरे आदमी को मार दे? बुरे आदमी इस दुनिया में इसलिए नहीं...
- बीमारियाँ कौन पैदा करता है?...? वायरस। नहीं, वायरस नहीं पैदा करता, वरन असंयम पैदा करता है। चंदगीराम तपेदिक के मरीज थे और उनके मरने क...
- बीमारियाँ हमारे पास क्यों आती हैं और कहाँ से आती हैं?...? जर्म्स से आती हैं। नहीं बेटे, जर्म्स से नहीं आती।...
- बीमारियों की वजह से हम परेशान हैं क्या?...? बीमारियों की वजह से यदि हम परेशान रहे होते, तो जगद्गुरु शंकराचार्य और विनोबा भावे, जिन्होंने लम्बी ब...
- बीमारियों ने कहा—जो हमें बुलाता है, हम उसके पास जाते हैं?...? मनुष्य अपने असंयम द्वारा हमें हमेशा आवाज देता रहता है, बुलाता रहता है तो हम उसी के साथ बनी रहती हैं।...
- बीमारी का निर्धारण हो जाए, कोई चैकिंग करके पता चला ले कि आपके भीतर टी० बी० की शिकायत है, तभी तो आप उसका इलाज कराएँगे न?...? अगर आपको मालूम ही नहीं है, तो यही कहेंगे कि हमारा तो ऐसे ही शरीर ढीला हो जाता है, कोई बीमारी नहीं है...
- बीमारी क्या है?...? हमारे भीतर की गन्दगी की प्रतिक्रिया है। मच्छर-मक्खी क्या हैं? कीड़े क्या हैं? कुछ भी नहीं, गन्दगी की प...
- बीमारी क्यों होती हैं और इसका क्या कारण होना चाहिए?...? बीमारियाँ हमारे पास क्यों आती हैं और कहाँ से आती हैं? जर्म्स से आती हैं। नहीं बेटे, जर्म्स से नहीं...
- बीमारी गरीबों के पास क्या करेगी?...? मानवीय जीवन का एक ही है लक्ष्य मित्रो! मैं आपसे यह निवेदन कर रहा था कि मनुष्य के देखने के ढंग और विच...
- बीमारी नहीं होगी तो वहाँ क्या होगा?...? गन्दगी नहीं होगी तो वहाँ क्या होगा? लोग मलीनता के आदी न होंगे तो क्या होगा? आज हमारा ग्रामीण जीवन ऐसा...
- बीमारी से क्या आफत आती है?...? नहीं साहब! हम बीमार हैं, अच्छा कर दीजिये। क्यों? क्यों अच्छा कर दें? गुरु जी! आपकी शाखा बन्द हो जाएग...
- बीवी-बच्चों को क्या मार डालें?...? इन सब बच्चों को हम छोड़ देंगे, तो बाबा जी होंगे। नहीं बच्चों को छोड़ देने वाले बाबाजियों को मैं न बनात...
- बीस दिन न जाने उन्होंने कैसे काट लिए?...? जब तक टाँके नहीं कटे, उतने दिन तक फिर कलम वापस हाथ में। जितनी देर तक काम करना है, वह होगा ही। लेखन क...
- बीस लाख में भी कर्ज हो गया है?...? हमारी जायदाद की नीलामी होने वाली है। क्यों, क्या बात हो गई? सारा पैसा किसमें खरच हो जाता है? खरच होन...
- बीस साल की गायत्री माता छोटे से हँस पर सवार हो जायेंगी, तो उसका क्या होगा?...? बेटे वह पिचक जायेगा, उसका कचूमर निकल जायेगा। बेटे अगर तेरे पुट्ठे के नीचे हम एक हँस लगा दें तो? चल...
- बीसवीं शताब्दी योगा पर कैसे हावी हो गई है, आप वहाँ जाकर देखिए कि शराब पिए धुत पड़े हुए लोग क्या कर रहे हैं?...? मेडीटेशन कर रहे हैं। भला मेडीटेशन ऐसा होता है कि आप नशा कीजिए, एकान्त में रहिए, हिप्पी बनकर इकट्ठे ह...
- बीसा यंत्र भी चमत्कारी होता है?...? हाँ, बेटे बड़ा चमत्कारी होता है। उसको ऐसे ताँबे के पत्र पर बना लीजिये, चढ़ा दीजिये, लोग पैसा दे जाएँगे...
- बीहड़ कैसे होते हैं?...? भाई साहब! बीहड़ ऐसे होते हैं, जिनमें झाड़ियाँ होती हैं, खाई-खंड्ड होते हैं। फिर वह रात को कहाँ सोया ...
- बी०ए० पास करना, एम०ए० पास करना, पी-एच०डी० की थीसिस लिखना—इन दोनों में क्या सम्बन्ध है?...? बाहर से आप देखिए—कलम के द्वारा ही इम्तिहान दिए जाते हैं और कलम के द्वारा ही पी-एच०डी० के सब काम किए ...
- बुआ, चाची, मौसी?...? कौन है ये? नहीं साहब! यह सिनेमा की एक्टर है। तो आपने इसे किसके लिए लगा रखा है? इससे आपका क्या ताल्...
- बुखार कैसा होता है?...? उससे पूरे शरीर में गर्मी आ जाती है। बहुत जोर से गर्मी लग जाती है, पसीने आ रहे हैं और व्यक्ति कँप रहा...
- बुखार को कहते हैं क्या?...? नहीं भूत ऐसा नहीं होता? भूत अलग होता है। कैसा होता है? मरा हुआ प्राणी आता है और ऐसे-ऐसे करता रहता है...
- बुखार सारी दुनिया में होता है, खाँसी सारी दुनिया में होती है, उल्टी सारी दुनिया में होती है, तो भूत केवल हिन्दुस्तान में ही क्यों रहता है?...? हिन्दुस्तान में पढ़े-लिखे लोगों में यह नहीं रहता, पिछड़े लोगों में रहता है। बहके लोगों में रहता है। चा...
- बुड्ढा आदमी कौन?...? क्या वह जिसके बाल सफेद हो गए हैं? सफेद बालों वाला बुड्ढा होता है कहीं, वह जवान होता है। इंग्लैण्ड ...
- बुड्ढा किसे कहते हैं?...? बुड्ढा उसे कहते हैं, जो आदमी थक गया हो, हार गया, निराश हो गया, टूट गया, जिसने परिस्थितियों के सामने ...
- बुड्ढा किसे कहते हैं?...? बुड्ढा उसे कहते हैं, जो आदमी थक गया हो, हार गया, निराश हो गया, टूट गया, जिसने परिस्थितियों के सामने ...
- बुड्ढा बहुत देर तक सोचता रहा कि तीस लाख किसे कहते हैं?...? तीस लाख रुपये की एक रुपये सैकड़े से तीस हजार रुपया महीना ब्याज आयेगा।मैंने उनसे कहा कि आपको बीस लाख...
- बुड्ढी हो तब?...? बुड्ढी हो तब? गूँगी, बहरी, अन्धी हो तब? तो कौन शादी करेगा? इसीलिए पात्रता बहुत जरूरी है। कल हमने कहा...
- बुड्ढे का जवान होना सम्भव नहीं है—क्यों?...? क्योंकि ये प्रकृति के नियम के विरुद्ध है। प्रकृति के नियम के साथ ढीठ कोई नहीं कर सकता। सूरज पूरब से ...
- बुड्ढे कौन होते हैं?...? बुड्ढे वे होते हैं, जो पिछली राम कहानी कहते रहते हैं। क्या बाबा आदम के जमाने की बातें करते रहते हैं?...
- बुड्ढे कौन होते हैं?...? बुड्ढे वे होते हैं, जो पिछली राम कहानी कहते रहते हैं। क्या बाबा आदम के जमाने की बातें करते रहते हैं?...
- बुड्ढे से क्या मतलब है?...? बुड्ढे से मतलब है- जिसकी भुजा आयु के साथ बुड्ढी हो गयी है, शरीर कमजोर हो गया है। अब हम जो काम कर...
- बुड्ढे हो गए?...? बुड्ढे हो गए होगे तुम, वह बुड्ढे नहीं हैं बेटे! बुढ़ापा दूर-दूर तक नहीं है। क्यों नहीं है? कितने क्र...
- बुढ़ापा आएगा तो कैसे जवान रहेंगे?...? बुढ़ापे में तो आदमी और भी अच्छा हो जाता है। सफेद बाल हो गए तो क्या हो गया? सफेद बाल होना क्या खराब बा...
- बुढ़ापा किसे कहते हैं?...? और जवानी किसे कहते हैं? बचपन उसे कहते हैं जिसमें आदमी भविष्य की कल्पना करता रहता है। सोचता रहता है क...
- बुढ़ापे में जाएँगे तो कहाँ रहेंगे?...? हमारा कुटुम्ब कहाँ रहेगा? इसीलिए विचार करते हैं। कल की सम्भावनाओं के लिए (आज का) आज की व्यवस्था बनान...
- बुढ़िया का है?...? नहीं। बाल सफेद हो गए हैं? नहीं। तो कैसा है? महाराज जी! जवान औरत का है। किसका? गायत्री माता का। हाँ ब...
- बुढ़िया ने एक वर्ष धन कमाने में लगाया अनुचित लोभ के कारण उसने नीति अनीति कुछ भी न देखी एक वर्ष पीछे यमदूत वहाँ पहुँचे तो बुढ़िया बोली-पहले तो विष्णु दूत आये थे अब तुम लोग कैसे आ गये?...? इस पर उन्होंने कहा-बुढ़िया पहले तूने अच्छे कर्म किये थे सो विष्णु दूत भेजे गये। भगवान् के यहाँ तो कर...
- बुढ़िया पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ होना है क्या?...? और आप कहते रहते हैं कि अरे बुढ़िया तू तो मरने वाली? तेरा तो यही बद्रीनाथ है तू कहीं मत जा यहीं पड़ी ...
- बुढि़या पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ होना है क्या?...? और आप कहते रहते हैं कि अरे बुढि़या तू तो मरने वाली है? तेरा तो यही बद्रीनाथ है तू कहीं मत जा यहीं पड...
- बुत-परस्त कौन थे?...? वो लोग थे बुत परस्त जिन्हें बद्दू कहा जाता था। आप लोग बद्दू लोगों की नकल करना शुरू कर देंगे तो फिर ह...
- बुत-परस्ती क्या थी?...? पहले—एक गाँव का एक बुत होता था और बद्दू लोग, डाकू लोग जहाँ कहीं भी चले जाते थे और छापा मारते थे पुरा...
- बुद्ध का इतिहास पढ़ा है ना?...? इनकी परिस्थितियों में क्या खास बात थी, बताइये। कुछ नहीं थी वरन् सामान्य लोगों के बराबर अथवा उससे भी ...
- बुद्ध का नाम सुना है न?...? विवेकानन्द को जानते हैं न? महापुरुषों में से इन लोगों के नाम नहीं मालूम आपको? यह सभी महापुरुष थे, जि...
- बुद्ध काल में लाखों परिव्राजकों और गाँधी काल में लाखों सत्याग्रहियों का अनायास ही उभर पडऩा यह बताता है कि समय की माँग को गूँगे-बहरे भले ही न सुनें, पर चेतन एवं सही सलामत व्यक्ति युग-धर्म के परिपालन से इनकार कैसे कर सकते हैं?...? ऐसे प्राणवानों को झकझोरने और नींद से विरत होकर तन कर खड़े हो जाने की स्थिति उत्पन्न करने में शान्तिक...
- बुद्ध किसे कहते हैं?...? बुद्ध विचारशीलता का, भावनाशीलता का प्रतीक है। लोगों को दिशा देने वाले को बुद्ध कहते हैं। कथावाचक, धर...
- बुद्ध के पास सम्पत्ति थी?...? नहीं थी। फिर आपने यह क्या सम्पत्ति-सम्पत्ति लगा रखी है। सम्पत्ति से आपके जीवन के सुख का कोई ताल्लु...
- बुद्ध के पास?...? ? नहीं, बुद्ध के पास नहीं रहते थे। नालंदा में रहते थे। तक्षशिला में रहते थे और कुछ हिमालय में रहते थ...
- बुद्ध के पास?...? नहीं, बुद्ध के पास नहीं रहते थे। नालन्दा में रहते थे। तक्षशिला में रहते थे और कुछ हिमालय में रहते थे...
- बुद्ध के साथ कितने आदमी थे?...? अकेले थे। अकेले बुद्ध ने सारी दुनिया की फिजा बदल कर रख दी थी। सात ऋषि आए थे और सातों ऋषियों ने सात द...
- बुद्ध को क्या कहेंगे?...? दार्शनिक-मनीषी। बाबाजी नहीं, मनीषी।मनीषी इनसान की समस्याओं का समाधान देते हैं, व्यक्ति तैयार करते है...
- बुद्ध जी मर गए?...? नहीं बेटे! विवेकानन्द की मौत हो गई? नहीं, मैं समझता हूँ कि इन्हें जिन्दा होना चाहिए। हनुमान जी की मौत ...
- बुद्ध जैसे गृहत्यागी, वनवासी, तपस्वी विश्वव्यापी धर्मचक्र प्रवर्तन के लिए आवश्यक जनशक्ति और साधन-शक्ति कैसे जुटा सकते थे?...? जो उनसे बन पड़ा, उसका मानवी पुरुषार्थ द्वारा बन पड़ना सम्भव नहीं हो सकता।...
- बुद्ध ने पूछा—क्या बात है, लड़की रोती क्यों है?...? उसने कहा—पिताजी मुझे बहुत कष्ट है और बहुत दुःखी हूँ। उन्होंने कहा—बच्ची क्यों रोती है, तू बता तो...
- बुद्ध भगवान अकेले क्या कर सकते थे?...? एक अकेला चना भाड़ को नहीं फोड़ सकता। एक आँधी आती है, एक तूफान आता है, एक हवा आती है। जब आँधी आती है, त...
- बुद्ध भगवान क्या थे?...? एक मामूली जमींदार के लड़के थे। छोटी उमर में विवाह-शादी कर दी गई थी, लेकिन जब उन्होंने ये निश्चय किया ...
- बुद्ध भगवान क्या थे?...? एक मामूली राजा के लड़के थे। छोटी उम्र में विवाह-शादी कर दी गई थी, लेकिन जब उन्होंने यह निश्चय किया कि...
- बुद्ध भगवान् अकेले क्या कर सकते थे?...? एक अकेला चना भाड़ को नहीं फोड़ सकता। एक आँधी आती है, एक तूफान आता है, एक हवा आती है। जब आँधी आती ह...
- बुद्धि और मुक्ति क्या चाहिए, उसको मुक्ति चाहिए?...? नहीं मुक्ति नहीं, बुद्धि चाहिए। बुद्धि की विशालता चाहिए भक्त को। भक्त को माँ जैसी विशालता चाहिए। भक्...
- बुद्धि का विकास जैसे होगा?...? इसलिए यहाँ आत्मनिर्माण के लिए भी ढेरों काम करने हैं। आपका स्वास्थ्य कमजोर है, तो इसी से काम नहीं चल ...
- बुद्धि का सदुपयोग कठिन है, चतुर कहे जाने वाले लोग भी उसे कहाँ कर पाते हैं?...? धन कमाते तो सभी हैं, पर उसका आधा-चौथाई भाग भी सदुपयोग में नहीं लगता। उसे जिन कामों में जिस तरह खरचा ...
- बुद्धि के काम न देने पर वे उस महामत्स्य से पूछ ही बैठे कि यह सब क्या हो रहा है?...? मत्स्यावतार ने कहा—मैं जीवधारी दीखता भर हूँ, वस्तुत: परब्रह्म हूँ। इस अनगढ़ संसार को जब भी सुव्यवस्थ...
- बुद्धि मिल जाएगी?...? हाँ, बुद्धि मिल जाएगी, लेकिन वह बुद्धि विनाशकारी बुद्धि होगी। वह रचनात्मक दिशा में नहीं चल सकती, क्य...
- बुद्धि व्यभिचारिणी कैसे हो जाती है?...? ९. आनन्द किस में है? १०. यशस्वी बनने का सच्चा उपाय कौन सा है? ११. समर्थता कैसे प्राप्त होती है? कथा...
- बुद्धि से क्या फायदा?...? हम तो ऐसे ही ले लेंगे। यहाँ तो अँधेरगरदी चल रही है, जो कोई खुशामद कर लेता है, उसका उल्लू सीधा हो जात...
- बुद्धिजीवियों में आस्था उत्पन्न करने वाली अति उच्चकोटि की प्रामाणिक पाठ्य सामग्री प्रस्तुत करने वाली सम्भवतः यह संसार भर की एकमात्र पत्रिका है, जिसे पढ़कर लोग आश्चर्य करते हैं कि विज्ञान और अध्यात्म जैसे परस्पर विरोधी दीखने वाले तत्त्वों को एक दूसरे का समर्थक, पूरक सिद्ध करने का यह अद्भुत प्रयास कौन करता है-कैसे करता है?...? * ‘युग-निर्माण ने व्यवहार में अध्यात्म को मिलाकर जीवन जीने की कला को एक सांगोपांग आचार पद्धति के रूप...
- बुद्धिमत्ता, चतुरता की तुलना में यह कसौटी उपयुक्त है कि दूरदर्शिता, न्याय और औचित्य कहाँ है?...? कुछ कार्य ऐसे होते हैं, जो तात्कालिक लाभ की दृष्टि से, मित्र-कुटुम्बियों सम्बन्धियों की पसन्दगी की ...
- बुद्धिमानी से पर्यवेक्षण करना होगा कि भेड़ और रीछ द्वारा अपनाई गई भिन्न-भिन्न नीतियों को अपनाकर किसे क्या मिला?...? रीछ बदनाम तो है ही, उसे स्नेह सहयोग कौन देगा? इतना ही नहीं प्रकृति ने उसके बाल बढ़ाए भी नहीं। जितने आ...
- बुराइयाँ कम हैं क्या?...? एक-से-एक दुष्ट और एक-से-एक बेईमान दुनिया में भरे पड़े हैं। तो फिर क्या करें? दुष्टों के प्रति द्वेष?...
- बुराइयाँ कम हैं क्या?...? एक से एक दुष्ट और एक से एक बेईमान दुनिया में भरे पड़े हैं। तो फिर क्या करें? दुष्टों के प्रति द्वेष? ...
- बुराइयाँ कहाँ हैं?...? दोष कहाँ हैं? वे हमारे चिन्तन में होते हैं। बाहर दोष नहीं होते।
बुरा जो देखन मैं चला, बुरा न मिल...
- बुराइयों को आप दूर कैसे कर पायेंगे?...? हम बुराइयों को दूर करने के लिए और अच्छाइयों का सम्वर्द्धन करने के लिए एकाकी काम करते हैं। ‘‘एकला चलो ...
- बुराइयों को बरदाश्त करें?...? नहीं, यह तो मैं नहीं कहता कि आप बुराइयों को बरदाश्त करें। आप बुराइयों से संघर्ष कीजिए, लेकिन संघर्ष ...
- बुराइयों को मिटाया या उनसे लड़ा नहीं जायेगा?...? हाँ बेटे, बुराइयों से लड़ा जायेगा, लेकिन बुराइयों से लड़ने के भी बहुत से तरीके हैं। बुराइयों से लड़ने...
- बुरे आदमियों के प्रति आपको जागरूक रहना चाहिए, कोई आप पर हमला न कर दे, कोई आपकी भलमनसाहत का अनुचित फायदा न उठा ले—इस दृष्टि से आपके जागरूक रहने की भी जरूरत है और उदार रहने के लिए?...? दूसरों की सेवा करने के लिए मैं आपसे कब मना करता हूँ? दूसरों की सहायता करने के लिए मैं आपसे कब मना कर...
- बुरे आदमी भी?...? हाँ, बुरे आदमी भी। कोई व्यक्ति रोगी होता है, तो उसका इलाज करते हैं उसकी जान बचाने की कोशिश करते है। ...
- बुरे संकल्पों की पूर्ति के लिए भी जब साधन बन जाते हैं, तो सत्संकल्पों के बारे में तो कहना ही क्या है?...? धर्म और संस्कृति को जो विशाल भवन मानव जाति के सिर पर छत्रछाया की तरह मौजूद है, उसका कारण ऋषियों का स...
- बुहारी हो तो लाओ?...? पिता बोला-बेटा जिस तरह एक सींक अकेली सफाई नहीं कर सकती एक व्यक्ति अकेला उन्नति नहीं कर सकता सबको मिल...
- बुढ़ापे को जवानी में बदल सकते हैं क्या?...? न, मौत को जिन्दगी में बदल सकते हैं क्या, न। आदमी की सीमा है और जिस सीमा से आप बँधे हुए हैं, आप उसी स...
- बुढ़ापे को जवानी में बदल सकते हैं क्या?...? ना। मौत को जिन्दगी में बदल सकते हैं क्या? ना! आदमी की सीमा है और जिस सीमा से आप बँधे हुए हों, उसी सी...
- बुढ़ापे में किसी को जवान देखा है, फिर हम कैसे जवान रह सकते हैं?...? स्वयं भागदौड़ करके कैसे काम कर सकते हैं? इस भाग-दौड़ के लिए हमने नये आदमी तलाश किये हैं और उनको ही ...
- बुढ़ापे में क्या होगा?...? क्या हमें कुछ पता है? मरने के बाद क्या होगा? पता ही नहीं। अभी क्या होगा? यह तक तो हमें मालूम नहीं ...
- बुढ़ापे में क्या होगा?...? जो कुछ होगा, देखा जाएगा। अरे बेटे! संयम से तो रह। अरे साहब! संयम-वंयम से क्या रहें? अभी ...
- बुढ़ापे में जायेंगे तो कहाँ रहेंगे?...? हमारा कुटुम्ब कहाँ रहेगा?
इसलिए विचार करते हैं—कल की सम्भावनाओं के लिए आज की व्यवस्था बनान...
- बूढ़ा आदमी हो तब क्या और जवान आदमी हो तब क्या?...? बूढ़े आदमी के काम करने के तरीके अलग हैं और जवान आदमी के तरीके अलग हैं।मित्रो! विनोबा भावे अस्सी वर्ष ...
- बूढ़ा किसे कहते हैं?...? बूढ़ा उसे कहते हैं जिसकी उम्मीदें खतम हो गयीं। जो थक गया, जिसने हिम्मत छोड़ दी और जिसके आगे अन्धकार भरा...
- बूढ़े से जवान हो जायें?...? नहीं, ये आपके हाथ की बात नहीं। ये शरीर प्रकृति का बनाया हुआ है और प्रकृति उसकी मालिक है। वो जब चाहती...
- बृहत्तर भारत कहाँ तक और कितना फैला हुआ था?...? वहाँ तक फैला हुआ था बृहत्तर भारत, जितना कि संसार में सबसे बड़ा कोई दूसरा देश हुआ ही नहीं इतिहास में। ...
- बृहस्पति को ब्याह कर लूँ?...? बृहस्पति को ब्याह कर लेगा, तो बृहस्पति जिन्दा नहीं छोड़ेगा, सबको मार डालेगा। मार डालेगा सारे खानदान क...
- बेअकली कहाँ है?...? घर-घर फैली हुई है। गाँव-गाँव फैली हुई है। इसलिए सूरज के तरीके से घर-घर में रोशनी पैदा करने के लिए आप...
- बेईमान कौन होता है?...? बेईमान उस मुनीम का—खजांची का नाम है जिसके हाथ में बहुत सारा पैसा दिया गया कि वह इसे सरकारी कामों में...
- बेईमान-उचक्का समझ रक्खा है?...? ’’
अब तो कहने वाले भाई की सिट्टी-पिट्टी गुम हो गई थी। फिर भी सफाई के तौर पर धीरे से बोले, ‘‘गुरुजी,...
- बेईमानी का पैसा क्यों खाएँगे?...? चोरी का पैसा क्यों खाएँगे? छिपा हुआ क्यों खाएँगे? आज तक हमने ऐसी कोई चीज नहीं खाई। हमने आपका एक फल भ...
- बेचारा भूल गया, गुमराह हो गया कि उसको क्या करना चाहिए था?...? कहाँ चलना चाहिए था? लेकिन उसने एक मंजिल जरूरी पूरी कर ली कि व्यक्ति के अन्दर जो शक्तियाँ भरी पड़ी हैं...
- बेचारी को क्या-से कर डाला?...? कसूर किसने किया? धोबी ने। सजा सीताजी को हो गयी। रामचन्द्रजी मिलेंगे, तो हम शिकायत करेंगे और ये कहेंग...
- बेचारी क्या कहती?...? कहने लायक बात हो तो बताए। देवताओं का उद्देश्य बता करके बेचारी अपने ढंग से कहने लगी। पुराने समय की भा...
- बेचारी गर्भवती स्त्री किस तरीके से क्या−क्या कर सकती है?...? घर के लोगों का स्वभाव अच्छा नहीं है, दूषित है, कलुषित है तो उस स्त्री को कहाँ रखा जाए या घरवालों को ...
- बेचारी विधवा जी करके क्या करेगी?...? विधवा को भी मरना चाहिए। पति के बाद फाँसी लगाकर मर जाय तो क्या? और जहर खा करके मर जाय, तो क्या? जल मे...
- बेचारे सारे दिन मेहनत करते हैं तो पेट भरने तक के लायक पाते हैं और मशक्कत करने वाले?...? मशक्कत करने वालों ने मकान बना लिया। कोठियाँ बना ली, महल बना लिए और ऊँचे हो गए और अपने बाल-बच्चों के ...
- बेटा कैसा होना चाहिए?...? राहुल की तरह से होना चाहिए। बेटा ऐसा नहीं होना चाहिए कि बाप मरेगा, तो उसकी जायदाद हमको मिलनी चाहिए औ...
- बेटा कैसा होना चाहिए?...? राहुल की तरह से होना चाहिए। बेटा ऐसा नहीं होना चाहिए कि बाप मरेगा तो उसकी जायदाद हमको मिलनी चाहिए और...
- बेटा क्या करेंगे?...? दो-दो बेटियाँ पैदा कर लीं। आप मरिए, आप कटिए, आप बर्बाद होइए और हमारा वंश चलाने के लिए बेटा दीजिए। वो...
- बेटा क्या है आपका?...? आँखों से अन्धा है? गूँगा है? लूला है? लँगड़ा है? क्या बात है? अपाहिज है? अपंग है? तो आप बच्चे को देंग...
- बेटा चाहती हो न?...? बस मैं तो बना- बनाया बेटा तैयार हूँ, जिसने तुम्हारे पेट में भी तकलीफ नहीं दी। तुम्हारा दूध भी नह...
- बेटा चाहते हैं, मकान और रुपया-पैसा चाहते हैं, और क्या चाहते हैं?...? बस, ये ही चीजें चाहते हैं। मिट्टी चाहते हैं न? हाँ साहब! मिट्टी चाहते हैं।
तीसरी आकांक्षा क्य...
- बेटा चाहते हैं, मकान और रुपया-पैसा चाहते हैं, और क्या चाहते हैं?...? बस, ये ही चीजें चाहते हैं। मिट्टी चाहते हैं न? हों साहब! मिट्टी चाहते हैं।तीसरी आकांक्षा क्या है? अह...
- बेटा जब बड़ा हो गया तो पिता नाराज हुए कि पैसे कमाने चाहिए और अपना पेट पालना चाहिए, तो नानक ने कहा—हम क्या कर सकते हैं?...? हमारी तो अकल कमजोर है। पिता ने नानक को बीस रुपया दिया और कहा कि बीस रुपये लेकर के आप पड़ोस के गाँव मे...
- बेटा बाँटने की दुकान है हमारी?...? क्या फायदा बेटा बाँटने से? नहीं महाराज जी! बेटा पैदा कीजिये। नहीं हम नहीं कर सकते। बेटे से कोई फायदा...
- बेटा होने से क्या फायदा है?...? नहीं महाराज जी! बेटा हो जाए, इसलिए हम गायत्री माता का जप करते हैं। तेरी दृष्टि बहुत छोटी है, ओछी दृष...
- बेटा होने से यया कायदा है?...? नहीं महाराज जी! बेटा हो जाए, इसलिए हम गायत्री माता का जप करते है। तेरी दृष्टि बहुत छोटी है, ओछी दृष्...
- बेटा, भोजन से कैसी नाराजगी?...? इस तरह तो तुम लोग स्वयं को ही सजा दे रहे हो। जिससे नाराज हो, उसका तो मजा हो गया। उसका काम बच गया। इत...
- बेटी का क्या हुआ?...? भतीजी का क्या हुआ? दुनिया के जंजाल को तो आदमी बुनता रहता है; पर अपने बारे में कभी विचार नहीं करता। ह...
- बेटी के लिए तैयारी करनी चाहिए, बेटे के लिए तैयारी करनी चाहिए, लेकिन मौत के लिए क्या तैयारी करनी चाहिए?...? नहीं बेटे, मौत के लिए सब कुछ करना चाहिए।मित्रो! हमको यह शिक्षण भगवान शंकर के पूजन से मिलता है। हाँ...
- बेटी को क्यों देखा?...? सिनेमा में आप क्या देखने गये थे? जब नाच हो रहा था, तो आप तालियाँ किस बात की बजा रहे थे? अगर आपकी बेट...
- बेटी तेरे बाप ले जा रहे हैं तो हम क्या कर सकते हैं?...? तू यहाँ रहना चाहे तो जिन्दगी भर रह सकती है। मुहब्बत बाप-बेटी की माँ-बेटी से कम नहीं ज्यादा है। कहाँ स...
- बेटी तेरे बाप ले जा रहे हैं तो हम क्या कर सकते हैं?...? तू यहाँ रहना चाहे तो जिन्दगी भर रह सकती है। मुहब्बत बाप-बेटी की माँ-बेटी से कम नहीं ज्यादा है। कहाँ स...
- बेटी भी परेशान हो और जमाई भी परेशान हो, तो बात कैसे बने?...? राजा द्रुपद इसी फिक्र में थे कि कोई ऐसा लड़का तलाश करें, जिसका भविष्य अच्छा हो। चाहे आज की स्थिति कम...
- बेटी से मैं कैसे अलग रहूँ?...? छोटी थी जब पैदा हुई थी और उसे हम गोदी लिए फिरते थे। पापा हमको ये दिखा के लाओ, वो दिखा के लाओ। भला मै...
- बेटी है तो क्या, माँ है तो क्या?...? मादा-मादा सब एक सी हैं? नहीं साहब! फरक कीजिए। नहीं, हम जानवर हैं, हम क्या फरक कर सकते हैं? तब हमें क...
- बेटी-बेटा पैदा करने के लिए और दुनिया भर की बेईमानी करने के लिए हमको जिन्दगी दी?...? इसके लिए नहीं, वरन किसी खास उद्देश्य और खास मकसद के लिए दी है। अगर आप सवेरे-सवेरे जीवन के स्...
- बेटे अगर ऐसा रहा होता, तो मैं पूछता हूँ कि बाजीगर लोग जो मिट्टी से रुपया बनाकर दिखाते हैं, फिर वे भीख क्यों माँगते हैं?...? अगर रुपया निकालना सही था, तो उन्हें मालदार होना चाहिए था। फिर वे अमीर क्यों नहीं हो गये? नहीं महार...
- बेटे अगर तेरे पुट्ठे के नीचे हम एक हँस लगा दें तो?...? चल हँस नहीं मिलेगा, तो एक कौआ लगा देंगे, कबूतर लगा देंगे, बत्तख लगा देंगे। और कहेंगे कि आ बेटे, ...
- बेटे आपको डंडे क्यों पड़ेंगे?...? हम नहीं पड़ने देंगे, पर नहीं मानेंगे, तो पड़ेगा ही। धमकाती भी हैं, तो धमकाना भी पड़ेगा। इसलिए यह तो ...
- बेटे इस वातावरण में क्या होगा?...? "
(क्रमश:)
परिष्कृत अध्यात्म हमारे जीवन में उतरे - ३
विगत दो कड़ियों में पूज्...
- बेटे उसी शर्त पर कर सकते हैं कि तू हमारा पैसा रिफंड करेगा?...? हाँ पिता जी! स्वीकार है। उन्होंने उसके लिए भी व्यवस्था कर दी। बड़े बेटे से जो पैसा आया, उसे दूसरे क...
- बेटे और उसमें क्या फरक है?...? नहीं साहब! बेटा अलग होता है और वह अलग होता है। क्यों, क्या वजह है? नहीं साहब! बेटा तो हमारा है।...
- बेटे का क्या हुआ?...? बेटी का क्या हुआ? भतीजी का क्या हुआ? दुनिया के जंजाल को तो आदमी बुनता रहता है; पर अपने बारे में कभी ...
- बेटे को क्यों दे दें?...? बेटा क्या है आपका? आँखों से अन्धा है? गूँगा है? लूला है? लँगड़ा है? क्या बात है? अपाहिज है? अपंग है? ...
- बेटे को क्यों मिलना चाहिए?...? जवाब दीजिए। समाज को जब आवश्यकता है, तो फिर समाज को क्यों नहीं मिलना चाहिए? नहीं साहब! बेटे को मिलना ...
- बेटे क्या करना पड़ता है?...? सफाई करनी पड़ती है। बिना सफाई के पूजा नहीं हो सकती है। शरीर को साफ कर पूजा के निमित्त। नहा कर जाना उप...
- बेटे क्या पढ़ेगा?...? स्कूल में पढ़ूँगा। अरे बेटे, यह तो बता कि तू पढ़ेगा क्या? फिजिक्स पढ़ेगा, साइंस पढ़ेगा, कॉमर्स पढ़ेगा, आर...
- बेटे तू बता तो सही कि कृष्ण जी अपनी खुशामद करने वाले को, चापलूसी करने वाले को या किसी चमचे को अपना चमचा बनाना चाहते है क्या?...? असली यही बात है ना हैं? हाँ गुरुजी! हम तो भगवान का चमचा बनना चाहते हैं। बेटे! चमचे तो उनके होते हैं,...
- बेटे तू बता तो सही कि कृष्ण जी अपनी खुशामद करने वाले को, चापलूसी करने वाले को या किसी चमचे को अपना चमचा बनाना चाहते हैं क्या?...? असली यही बात है ना? हाँ गुरुजी! हम तो भगवान् का चमचा बनना चाहते हैं। बेटे! चमचे तो उनके होते हैं, कि...
- बेटे तेरी दवा में क्या करामात है?...? महाराज जी। आपके चरणों की दया है। ऐसी करामाती दवा मेरे हाथ लगी है कि मैं सबको अच्छा कर सकता हूँ, अच्छ...
- बेटे ने पिंडदान नहीं किया तब?...? तब आपको क्या करना चाहिए?
मित्रो! गुरु गोलवलकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अधिष्ठाता ब्रह्मचारी थे...
- बेटे भगवान के यहाँ हमेशा इस बात का हिसाब रहा है कि तेरी क्रिया क्या है और तेरे कर्म क्या हैं?...? कर्म से भागता है अभागे। हाँ, मैं तो कर्म से भागता रहता हूँ। खिलवाड़ करता रहता हूँ। मैं तो जादू-मंत्र ...
- बेटे मैं ये कह रहा हूँ कि कर्मकाण्ड जो हैं जो हमने आपको सिखा दिये थे, जिनको आप पहाड़ के बराबर मानते हैं, आसमान के बराबर मानते हैं और न जाने क्या मानते हैं?...? मैं चाहता हूँ कि आपकी मान्यता का बुखार कम हो जाए और आप यह मानें कि कर्मकाण्डों की शक्ति सीमित है, कर...
- बेटे यह एक साधना है, किसकी?...? धागों की, तारों की। यह किसकी है साधना? गले की। यह है साधना पत्थर की। ये किसकी है साधना? हर चीज की है...
- बेटे यह कैसे हो सकता है?...? ऐसा नहीं हो सकता। इसलिए आपको एक कदम आगे बढ़ाना चाहिए।
देवपूजन का शिक्षण
मित्रो! पाँच च...
- बेटे यह तो कहना-सुनना हुआ, सत्संग कहाँ हुआ?...? नहीं साहब! यही तो सत्संग हुआ। नहीं बेटे, यह सत्संग नहीं हुआ।सत्संग उसे कहते हैं जिसमें किसी चीज को ग...
- बेटे यह बैटरी है और यह क्या है?...? यह है—बिजली का करेंट। इसका क्या करेंगे? तेरे शरीर में करेंट छुआएँगे। अरे! मर गया-मर गया.......। यह क...
- बेटे ये क्या है?...? ये साधना है और क्या है? साधना अर्थात अनगढ़ से सुगढ़ अभी आपको मैं साधना का महत्त्व बता रहा था। ये घटि...
- बेटे ये क्या है?...? ये साधना है और क्या है?अभी आपको मैं साधना का महत्त्व बता रहा था। ये घटिया वाली जिन्दगी, बेकार जिन्दग...
- बेटे ये तू क्या कह रहा है?...? क्यों इसी को उपासना कहते हैं? उपासना तो बेटे, उस चीज का नाम है जिसका कल मैं उदाहरण दे रहा था। गर्मी ...
- बेटे लक्ष्मी जी दिखाई पड़ी तो तुझे कुछ रुपया-पत्ता भी दे गईं कि नहीं?...? नहीं महाराज जी, दे-दिवा तो कुछ नहीं गईं। बेटे, तूने ख्वाब देख लिया है, अन्यथा यदि लक्ष्मी जी तेरे घर...
- बेटे हम कैसे उखाड़ सकते हैं?...? हमको स्वयं ही नहीं आता। यह क्या है? पागलपन है, अज्ञानता है।
देवताओं के वरदान—सत्प्रवृत्तियाँ ...
- बेटे हम कैसे उखाड़ सकते हैं?...? हमको स्वयं ही नहीं आता। यह क्या है? पागलपन है, अज्ञानता है। देवताओं के वरदान-सत्प्रवृत्तियाँ मित्रो!...
- बेटे हम कैसे दे सकते हैं?...? आपकी मर्जी के बिना सूरज भी आपके कमरे में नहीं घुस सकता। आपकी मर्जी के बिना हवा भी आपके कमरे में नह...
- बेटे हम क्या कर सकते हैं?...? महाराज जी! आपने क्रिया-कृत्यों की महत्ता क्यों नहीं बताई? हम यही पूछने आये थे और विधि-विधान पूछने ...
- बेटे हम बताते हैं कि स्वरूप क्या हो सकता है?...? गायत्री एक महिला है। कैसी महिला है? ऐसी महिला है जिसकी हुकूमत कितनी हो सकती है, आप जानते हैं? बेटे...
- बेटे हम बहुत निन्दा करते हैं कर्मकाण्डों की और हम तो मजाक उड़ाते हैं और ना जाने क्या-क्या कहते हैं?...? कर्मकाण्डों की आप क्यों मजाक उड़ाते हैं? इसलिये कि जब लोग केवल कर्मकाण्ड को ही सब कुछ समझ लेते हैं, त...
- बेटे हमारा क्या होना है?...? यह पूछते-पूछते वह बूढ़ी हो गई। बुढि़या पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ होना है क्या? और आप कहते र...
- बेटे हमारा क्या होना है?...? यह पूछते-पूछते वह बूढ़ी हो गई। बुढ़िया पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ होना है क्या? और आप कहते र...
- बेटे हमें ही यह सोचना होगा कि हमारी भी कोई जिम्मेदारी है या नहीं?...? हम तो कपड़े और चार रोटी के टुकड़े फेंककर निश्चिन्त हो जाते हैं। आप बी.ए. पास हैं तथा आपकी पत्नी मैट्रि...
- बेटे, इसके इतने आशीर्वाद हैं कि देवी- देवता हमें क्या दे पायेंगे?...? गणेशजी जी, शिवजी, हनुमान् जी क्या दे पायेंगे? जब वे अपनी सेवा करने वाले पुजारियों को नहीं दे पाये,...
- बेटे, तू समझता तो है नहीं कि मंत्र किसे कहते हैं?...? मंत्र कहते हैं—विचारों को। तीखे वाले विचार, गहरे वाले विचार, सिद्धान्तवादी विचार, आदर्शवादी विचार,...
- बेटे, हम तो हवा में घूम रहे हैं, हमारे पर कैसे छू सकते हैं?...? अच्छा साहब! तो गुरुदीक्षा ही दे दीजिए। अरे भाई! हम मरने के लिए बैठे हैं, अब गुरुदीक्षा का समय चला ...
- बेटे, अगर तू उसको दे दे तब?...? किसको? जो सौ बुढ़िया हैं, उनकी आँखों का आपरेशन कराके, तो उनका अन्धापन दूर हो सकता है और बची हुई जिन्दग...
- बेटे, अगर मैं यह कह दूँ कि तेरे और भी घट जाएँगे तो?...? अरे माताजी तब तो हम आज किसी कीमत पर नहीं आते। हम तो आशीर्वाद लेने आए हैं। बेटे, आप सबके लिए भरपूर आश...
- बेटे, इसका परिणाम क्या हुआ?...? हमने एक-एक पाई को इस तरीके से खरच किया कि एक पैसा भी हीरे का होता है, मोती का होता है, जवाहरात का हो...
- बेटे, इससे कैसे फायदा मिल सकता है?...? अक्षरों को रिपीट कर देंगे और हमको फायदा मिल जायेगा, ऐसा नहीं हो सकता। अक्षरों को रिपीट करना काफी नही...
- बेटे, एक टाँग मुँह में पकड़कर घसीट ले गया था, कौन?...? ग्राह। किसकी? गज की और आप लोगों की तो सारी की सारी टाँगों को पकड़कर यह मगर घसीटे ले जा रहा है। एक काम...
- बेटे, ऐसा एकाग्र मन, जैसा तू चाहता है, कैसे हो सकता है?...? तूने अभी मनोविज्ञान पढ़ा नहीं है, न्यूरोलॉजी पढ़ी नहीं है, इसलिए तू बोलता रहता है कि मन एक बिंदु पर ...
- बेटे, ऐसा नहीं हो सकता, तो ये देवी-देवता क्या हैं?...? ध्यान लगाने के लिए खिलौने हैं। देवी-देवता में भगवान् नहीं होता। देवी-देवता चमत्कार दिखाते हैं? नहीं,...
- बेटे, कहाँ से देगी?...? उल्टे परेशानी ही पैदा करेगी।
छः महीने का बच्चा था, मर गया। तब क्या करना चाहिए? सारे घर में शोक, ...
- बेटे, कितने दिन खायेगा?...? माता जी आपका चौका सबेरे छः बजे से चलता है, उस वक्त से खाया करूँगा। कब तक खायेगा? तब तक खाऊँगा, जब ...
- बेटे, कितने देवता होते हैं, जो आदमी की सहायता करते हैं?...? वे इतनी सहायता करते हैं कि मैं क्या कहूँ आपसे। उनकी सहायता के मारे आदमी धन्य हो जाता है।देवता कौन हो...
- बेटे, कुछ लेकर के जाते हैं?...? खाली हाथ नहीं जाते। रात में सपने में हनुमानजी तेरे लिए कुछ लेकर के आते हैं। नहीं महाराज जी, खाली हाथ...
- बेटे, कुछ लेकर के जाते हैं?...? खाली हाथ नहीं जाते। रात में सपने में हनुमान जी तेरे लिए कुछ लेकर के आते हैं। नहीं महाराज जी, खाली हा...
- बेटे, कैसे करा लेगा, बता तो सही, शरीर से क्या काम हो जाता है?...? महाराज जी! मैं तो ऐसे ही नहा लेता हूँ। नहा लेता है तो तू एक बात बता कि तेरी चमड़ी के खोल में क्या-क्...
- बेटे, कैसे करा लेगा, बता तो सही, शरीर से क्या काम हो जाता है?...? महाराज जी! मैं तो ऐसे ही नहा लेता हूँ। नहा लेता है तो तू एक बात बता कि तेरी चमड़ी के खोल में क्या क्य...
- बेटे, क्या करेंगे तेरे गाँव चलकर?...? नहीं गुरुजी, आपको एक बार चलना ही पड़ेगा। अच्छा, मैं चलूँगा।मित्रो! मैंने पूछा कि कितनी दूर तेरा गाँव ...
- बेटे, क्या करना चाहिए?...? यह हमारी जलालत दूर होनी चाहिए और यह गलीजत दूर होनी चाहिए और इसको परिष्कृत होना चाहिए। हमको और आपको आ...
- बेटे, क्यों नौकरी करना चाहता है?...? इसलिए नौकरी करना चाहता हूँ कि वहाँ पंखे के नीचे बैठा रहूँगा, मेहनत नहीं करनी पड़ेगी और वहाँ बाबू जी...
- बेटे, खाद, पानी की जरूरत तो वहाँ भी पड़ेगी?...? नहीं साहब! खाद- पानी की कोई जरूरत नहीं। मित्रो! आदमी का अन्तरंग, आदमी का व्यक्तित्व ऐसा चाहिए कि भग...
- बेटे, गुरुजी अस्सी साल की उम्र में बुड्ढे नहीं हुए, आप लोग कैसे बुड्ढे हो रहे हैं?...? मुझे तो बड़ा आश्चर्य होता है कि जिससे आप जुड़े हैं, जिसको अपना गुरु कहते हैं, जिसको अपनी माँ कहते है...
- बेटे, जब तक बच्चा नहीं था, तब तक मालूम पड़ता था कि जब बच्चा आयेगा, तो जाने कौन आयेगा?...? जाने रामचन्द्रजी आयेंगे, कृष्णचन्द्रजी आयेंगे, जाने श्रवणकुमार जी आयेंगे, जाने कौन-कौन जी आयेंगे।जब ...
- बेटे, जूता हम कैसे दे सकते हैं?...? देवताओं के पास वे चीजें नहीं हैं, जो आप तलाश करते हैं। देवता उन चीजों को दे नहीं सकते, जो आप माँगते ...
- बेटे, ज्यादा तो नहीं कहता मैं, औरों का हवाला तो नहीं देता, बस अपना हवाला देता हूँ कि हमारे ऊपर कौन बरसता है?...? सुकरात के तरीके से एक डेमॅन हमारे भीतर भी बरसता है और सारा का सारा अनुग्रह उसी से काम करता है। कैसा ...
- बेटे, तुम्हारा क्या ख्याल है?...? गुरुजी! इस बच्चे पर मेरा बड़ा प्यार है। जिस तरह से छोटी वाली ककड़ी को देखकर के देखकर बच्चे के मुँह म...
- बेटे, तू तो गायत्री मंत्र लिए ही फिरता है, देवत्व कहाँ है तेरा?...? देवत्व तो है ही नहीं। केवल मंत्र-ही-मंत्र रटने चला है।मित्रो! क्या करना पड़ेगा? मैं चाहता हूँ कि हम...
- बेटे, तू तो गायत्री मंत्र लिए ही फिरता है, देवत्व कहाँ है तेरा?...? देवत्व तो है ही नहीं। केवल मंत्र ही मंत्र रटने चला है।मित्रो! क्या करना पड़ेगा? मैं चाहता हूँ कि हमा...
- बेटे, तू पैसा तो दे देगा, पर मैं कन्ट्रोल कैसे करूँगा?...? इसलिए छोटा सा आश्रम बना रहे हैं, फिर उसमें आपको नम्बर से बुलाएँगे। बुलाकर आपको वही समीपता देंगे, ज...
- बेटे, तू बता तो सही कि सत्संग क्यों करेगा?...? नहीं साहब! मैं तो सत्संग करूँगा? बेटे, तू पागल आदमी नहीं है, जिसे यह पता ही नहीं है कि सत्संग क्...
- बेटे, तू यह तीन चम्मच से कराता है या तीन बालटी से?...? महाराज जी, मैं तो तीन चम्मच से कराता हूँ और कहता हूँ, 'स्नानं समर्पयामि।' अच्छा बता, तीन चम्मच से तू...
- बेटे, तेरी काहे की रामायण और कहाँ की भागवत्?...? तू इन्हें बदनाम करता है। गायत्री को भी बदनाम करता है, सन्तोषी माता को भी बदनाम करता है। बेटे, तू बे...
- बेटे, दीपक से कैसे पकड़ सकता हैं तू भगवान को बता तो सही?...? दीपक का मकसद, धूपबत्ती का मकसद समझिए, तब भगवान को पकड़ने का प्रयास कीजिए।
स्नान अर्थात् पसीना...
- बेटे, धन के नाम पर हमारे पास कुछ भी नहीं है, लेकिन हाँ एक पूँजी है हमारे पास, यदि वह न होती तो हम इतनी बड़ी बात क्यों कहते?...? हमारे पास वह पूँजी है तप की, जिसको हम सामान्य क्लास का कहते हैं। जिससे हम आपकी मुसीबतों में, कठिनाइय...
- बेटे, नाक में योग नहीं है, तो फिर कहाँ है?...? योग, मित्रो! भावनाओं में है। विचारणा में है। भावनाओं का और विचारणाओं का परिष्कार करना वास्तव में, अस...
- बेटे, नैवेद्य कितने पैसे का लाया था?...? गुरुजी, पच्चीस पैसे का लाया। था। इससे दो महीने का काम चल जाता है। दो इलायची दाने रख देता हूँ। बेटे, ...
- बेटे, नौकरी देने से क्या बन सकता है?...? इससे आदमी की क्या जरूरत पूरी हो सकती है? कोई खास जरूरत पूरी नहीं हो सकती। उन्होंने कहा कि देना है, त...
- बेटे, पाखाने के अलावा, पेशाब के अलावा, थूक के अलावा, हड्डियों के अलावा, माँस के अलावा क्या है इसमें?...? कुछ भी तो नहीं है। यह क्या चीज है? बेटे, यही है वह मूल बात, जिसे गहराई से तीसरी आँख से देखा जा स...
- बेटे, पारस के और किस्से सुनाऊँ?...? हाँ गुरुजी। सुना दीजिए।एक मराठा बालक ऐसे ही जानवर चराता हुआ घूमता-फिरता था। एक दिन एक स्वामी जी आये ...
- बेटे, पढ़ने के बाद नौकरी करेगा या नहीं?...? महाराज जी! नौकरी तो नहीं करूँगा, खेती तो नहीं करूँगा। मैं तो स्कूल में पाँचवें दर्जे में भर्ती हो ...
- बेटे, फिर तू कहाँ रहा धर्मात्मा?...? तू तो पापी है, जो अपने बच्चों को मारने जा रहा है। मित्रो! आपको क्या करना चाहिए? आपको चारों ओर से अ...
- बेटे, भगवान ओर हम में दीवार का फर्क है, जिससे भगवान हमसे कितनी दरी पर है?...? गुरुजी! भगवान तो लाखों-करोड़ों कि.मी. दूर रहता है? नहीं बेटे, करोड़ों कि.मी. दूर नहीं रहता। वह हमारे...
- बेटे, भगवान जी तुझसे कितने बड़े हैं?...? महाराज जी! बहुत बड़े हैं। बड़े हैं तो उनको रोजाना कितना चावल खिलाया करेगा? कम-से पाँच किलो चावल भगवान ...
- बेटे, भगवान में और हम में दीवार का फर्क है, जिससे भगवान हमसे कितनी दूरी पर है?...? गुरुजी! भगवान तो लाखों-करोड़ों कि.मी. दूर रहता है? नहीं बेटे, करोड़ों कि.मी. दूर नहीं रहता। वह हमारे...
- बेटे, भगवान में और हम में दीवार का फर्क है, जिससे भगवान हमसे कितनी दूरी पर है?...? गुरुजी! भगवान तो लाखों- करोड़ों कि०मी० दूर रहता है? नहीं बेटे, करोड़ों कि०मी० दूर नहीं रहता। वह हमार...
- बेटे, भविष्य के बारे में कोई गारण्टी नहीं कि क्या होने वाला है?...? जवान बनें, वर्तमान की सोचें
मित्रो! जवान आदमी, जिम्मेदार आदमी केवल वर्तमान की बात सोचते हैं।...
- बेटे, मन क्या चीज है?...? पहले यह बताइये? अन्न का परिष्कृत रूप है मन। आपका अन्न कैसा है? महाराज जी! अन्न में तो मिर्च भी ह...
- बेटे, मन भागेगा नहीं तो क्या करेगा?...? भागना तो उसकी आदत है। उसकी तो बनावट ही ऐसी है, उसकी संरचना ही ऐसी है, उसकी इलैक्ट्रॉनिक संरचना ही ऐस...
- बेटे, मनुष्य जीवन की गरिमा को समझ और यह समझ कि मनुष्य को भगवान् ने इतनी कीमती चीज क्यों दी?...? कीड़े-मकोड़ों को, पशु-पक्षियों को क्यों नहीं दी? मित्रो! यह जो फर्क है, इसलिए है कि मनुष्य को जो व...
- बेटे, महात्मा के कितने वरदान दिला दूँ?...? मैं तो तेरे हाथ में मिट्टी का ढेला दे दूँगा, वही तेरे लिए वरदान बन जाएगा। मीरा को गिरिधर गोपाल का एक...
- बेटे, माँगना नहीं है आध्यात्मिकता में, किसने कहा था आपसे?...? नहीं साहब, अध्यात्म में सारी प्रार्थना-ही भरी है। प्रार्थना का मतलब यह नहीं है, जो आपने समझा है कि आ...
- बेटे, माँगना नहीं है आध्यात्मिकता में, किसने कहा था आपसे?...? नहीं साहब, अध्यात्म में सारी प्रार्थना ही प्रार्थना भरी है। प्रार्थना का मतलब यह नहीं है, जो आपने सम...
- बेटे, मुख्यमंत्रियों के कौन-कौन से नाम बता दूँ तुझे?...? मुख्यमंत्री तो कई हैं। कौन-कौन से हैं? देख—एक का नाम है—रामनरेश यादव, एक का नाम है—कर्पूरी ठाकुर और ...
- बेटे, मूर्ति कहाँ गई?...? उसका क्या हुआ? तीन हजार की मूर्ति तो मिली नहीं? मिलती भी कैसे, मूर्तिकला का जो अभ्यास है, वह अलग है।...
- बेटे, मूर्ति कहाँ गई?...? उसका क्या हुआ? तीन हजार की मूर्ति तो मिली नहीं? मिलती भी कैसे, मूर्तिकला का जो अभ्यास है, वह अलग है।...
- बेटे, मेरी तो झोली अनायास ही भर गई, किससे?...? जिम्मेदारियों से। इनका हम निर्वाह करेंगे। उन्होंने इतनी बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है तो इसलिए कि उसके ला...
- बेटे, मैं कैसे अलग रखूँ?...? जब राखी बाँधने आती है, तब मैं कैसे कहूँ कि रहने दे। घर से जब वह विदा होती है और अपने भाई से छाती भरक...
- बेटे, मैं क्या करूँ दस हजार आदमी थे तो?...? उससे मेरा कोई सम्बन्ध नहीं है। कुंभ में बारह लाख आदमी आये थे, तो मैं क्या करूँ? आप भीड़ से क्या म...
- बेटे, मैं क्या कह सकता हूँ?...? आजकल के जमाने में अध्यात्म केवल मखौल बन कर रह गया है। अध्यात्म केवल दिल्लगी रह गया है। अध्यात्म केवल...
- बेटे, मैं बता दूँगा, मेरा प्राण क्यों खाता है?...? नहीं साहब! कोई ऐसी विधि बताइए, कोई ऐसा जादू बताइए, जो शॉर्टकट से सिद्धि दिला सके। बेटे! जादू पीछे पू...
- बेटे, यह किसका रंग है?...? यह प्रातःकालीन सूरज का रंग है। प्रातःकालीन सूरज ऐसे ही होता है, जैसा कपड़ा आप पहने हुए हैं।...
- बेटे, यह क्या कह रहा है?...? गुरुजी! कोशिश कर रहा हूँ कि आपका स्वास्थ्य अच्छा रहे। मैंने एक घूँट पी लिया। पहला घूँट पीते ही मुझ...
- बेटे, यह क्या तरक्की है?...? तरक्की करनी है, तो पूरी कीजिए न और फिर भगवान के मुकाबले जाइये न? सन्तों के मुकाबले पहुँचिए न। दे...
- बेटे, यह तो अपने आप हो जाता है, इसमें कौन सी बड़ी बात है?...? नहीं महाराज जी! हमको नाक में से पानी निकालना सिखाइए। भगवान से मिलना सिखाइए। बिलकुल पागल आदमी है। ल...
- बेटे, यह सब मैटेरियल है, जो मैटेरियल या भौतिक चीजें हैं, उनके उपयोग का क्या उद्देश्य होना चाहिए?...? साहब! भौतिक से तो भौतिक चीजें ही मिलेंगी। हाँ बेटे चरखा कातने से अठन्नी मिल सकती है। माला घुमाने से ...
- बेटे, यह साहस है, तू समझता नहीं है क्या?...? आध्यात्मिकता का आधार—साहसिकता
मित्रो! यही साहस है, जो आगे जाकर के आध्यात्मिक जीवन में प्रवेश हो...
- बेटे, यही तीसरा नेत्र है तो यहीं से सब कुछ चमकता है?...? बेटे, यहाँ तो केवल दो गाँठें हैं। एक का नाम है- पिट्यूटरी ग्लैण्ड और दूसरी का नाम है- पीनियल ग्लैण...
- बेटे, लौंग के जोड़े का मैं क्या करूँगा?...? यह मेरे किस काम आने वाला है? तो फिर क्या चीज दूँ? मेरे पास क्या है बताइये? मैं तो साल भर आपके पास ...
- बेटे, सबके सब एक दिन इकट्ठा हो गए और फैसला करने लगे कि हम बड़े काम करके दिखाएँगे, ताकि दुनिया समझे कि दैवी सभ्यता क्या हो सकती है और दैवी सभ्यता का अनुकरण करने के लिए जोश और जीवट कैसे उत्पन्न किया जा सकता है?...? विश्वामित्र जी ने वहाँ से शुरुआत की और राजा दशरथ से कहा कि आप अपने बच्चे हमारे हवाले कीजिए। उन्होंने...
- बेटे, सबके सब एक दिन इकट्ठा हो गए और फैसला करने लगे कि हम बड़े काम करके दिखाएँगे, ताकि दुनिया समझे कि दैवी सभ्यता क्या हो सकती है और दैवी सभ्यता का अनुकरण करने के लिए जोश और जीवट कैसे उत्पन्न किया जा सकता है?...? विश्वामित्र जी ने वहाँ से शुरुआत की और राजा दशरथ से कहा कि आप अपने बच्चे हमारे हवाले कीजिए। उन्होंने...
- बेटे, समझ में नहीं आता, जरा दिखा तो सही, कैसी है?...? आटे में लकड़ी का बुरादा मिला हुआ था, सड़े हुए अनाज मिले हुए थे। उसी को पीसकर भिखारियों को रोटी देते ...
- बेटे, समाज के प्रति हम अपने कर्तव्य को बाँट दें, तो कुछ हर्ज है क्या?...? नहीं पिताजी। अगर सबको फायदा होता है, तो मुझे एक दिन बिना घी के रोटी खानी पड़े तो क्या? आप बाँट दीजिए।...
- बेटे, सही क्रिया के प्रति मैं निराशा क्यों उत्पन्न करूँगा?...? मैंने क्रियाशीलता को जीवन में उतारा है। मैंने माला जपते जपते सन् १९५१ में इतना बड़ा तंत्र खड़ा किया ...
- बेटे, सुगन्ध कहीं बाहर से नहीं आती?...? भीतर से निकलती है। आज की बात समाप्त।...
- बेटे, सुगन्ध कहीं बाहर से नहीं आती?...? भीतर से निकलती है। भीतर से क्या आती है? महक। अच्छा साहब यह बताइए कि शहद की मक्खियाँ जो शहद इकट्ठा कर...
- बेटे, हम अभी भी कुछ काम करने लगें, अपनी कलम की नौकरी करने लगें, तो हमको दो हजार रुपये महीना कोई भी दे सकता है, अगर हम कलम का इस्तेमाल करें तब?...? हम क्या लिखते हैं? बेटे, हम गजब का लिखते हैं।
अगर हम कुछ करना चाहें और किसी प्रकाशक के लिए लिखने...
- बेटे, हम कैसे दिला दें, जो कायदा-कानून नहीं है, नियम नहीं है, उसे कैसे करा देंगे?...? मित्रो! आदमी के अपनी मनोकामना पूरी करानी हैं तो उसे अपनी योग्यता बढ़ानी पड़ेगी। आप अपनी योग्यता बढ़ाइ...
- बेटे, हम क्या करें?...? नहीं साहब! भगवान का नाम-जप बता दीजिए। भगवान का नाम लेने से तो हमारा उद्धार हो सकता है और भगवान ह...
- बेटे, हम क्या बताएँ क्या हो जाएगा बना करके देख जरा, नमक से बगावत?...? पैदा होगी। नमक से? हाँ बेटे, नमक से। नमक से बगावत की बात न होती तो अँगरेज जरा भी ध्यान नहीं देते। नम...
- बेटे, हम क्या बताएँ क्या हो जाएगा?...? बना करके देख जरा, नमक से बगावत पैदा होगी। नमक से? हाँ बेटे, नमक से। नमक से बगावत की बात न होती तो अं...
- बेटे, हम क्यों तमाशा दिखलाएँगे, हम कोई बाजीगर हैं क्या?...? हम किसलिए चमत्कार दिखलायी? आप हमारी प्रशंसा करें और आप अचम्भे में पड़ जाएँ, यह हमारा काम नहीं है। अचंभ...
- बेटे, हम तो हवा में घूम रहे हैं, हमारे पैर कैसे छू सकते है?...? अच्छा साहब! तो गुरुदीक्षा ही दे दीजिए। अरे भाई! हम मरने के लिए बैठे हैं, अब गुरुदीक्षा का समय चला गय...
- बेटे, हम नहीं कह सकते कि जो तेरा तीन साल का प्रमोशन ड्यू है, वह हो जायेगा कि नहीं हो जायेगा?...? कितने आदमी बैठे हुए हैं—कोई रिश्वत देने वाला है, कोई आगे बढ़ाने वाला है, कोई यह कहने वाला है, कोई एफि...
- बेटे, हम नहीं जानते कि आपका क्या होगा?...? चोरी करके जेलखाने चला जायेगा अथवा वकील होगा। नहीं साहब! वकील होना चाहिए। हाँ बेटे, यह भी हो सकता है ...
- बेटे, हमने तो किसी के भी तीन आँखें नहीं देखी हैं, तो शंकर भगवान की तीन आँखें कैसे आ गयीं?...? नहीं महाराज जी! शंकर भगवान की तो जीन आँखें हैं। अच्छा तो तीसरी आँख काम आती है? आपको मालूम नहीं है?...
- बेटे, हमारी जीभ और हमारे दाँत मिलकर आपसे बात कर रहे हैं और बोलता कौन है?...? लेख कौन लिखता है? कलेवर लिखता है। अँगुलियों से जब हम कलम को पकड़ लेते हैं और हम बैठते हैं तो लेख लिखत...
- बेटे, हवा में गायब हो जाने का अनुभव हमको नहीं है और क्या पेशाब से दिया जलाने का अनुभव आपको नहीं है?...? बेटा, वो भी नहीं है। हमको जब दिया जलाना पड़ता है, तो मोमबत्ती जलाते हैं और तेल जलाते हैं। पेशाब से ज...
- बेटे, हवा में गायब हो जाने का अनुभव हमको नहीं है और क्या पेशाब से दिया जलाने का अनुभव आपको नहीं है?...? बेटा, वो भी नहीं है। हमको जब दिया जलाना पड़ता है, तो मोमबत्ती जलाते हैं और तेल जलाते हैं। पेशाब से ज...
- बेटे, हाथ में पानी का थर्मस लेकर चलती है?...? पानी का गिलास छोड़ जाएगी तो कैसे काम चलेगा? एक हाथ में किताब लेती है। कौन-सी किताब लेकर चलती है? अखण्...
- बेटे, हिन्दुस्तान की आजादी दिलाने की शुरुआत जहाँ से होती है, वह छत्रपति शिवाजी से प्रारम्भ होती है और खत्म कहाँ होती है?...? खत्म वहाँ होती है, जहाँ सुभाष चन्द्र बोस की आजाद हिन्द फौज थी। बीच में कई बार सत्याग्रही आ जाते हैं,...
- बेटो, मैं चंदा नहीं करूँगा और तस्वीर भी नहीं छापूँगा क्योंकि मैं देखता रहता हूँ कि वह कशिश, वह मैग्नेट, मेरा जो शुरू हुआ था, जब मैंने लोभ का त्याग करके प्रारम्भ किया था, आखिर उसमें कोई चुम्बकत्व है कि नहीं है?...? मैग्नेट है कि नहीं है? वहाँ भी मैंने ऐसे हिम्मत वाले काम कर डाले थे। वहाँ भी हजार कुण्डीय यज्ञ ह...
- बेतुकी जिन्दगी-बेसिलसिले की जिन्दगी?...? बेतुकी जिन्दगी। बेहूदी जिन्दगी को हम जिस तरह से सँभाल पाते हैं? साधना इसका नाम है। असल में साधना इसी...
- बेल के पत्ते और धतूरे का फल आपके यहाँ होता है कि नहीं?...? भगवान शंकर ने कहा कि अच्छा भाई! तू मेरा भक्त है, तो ला और उन्होंने धतूरे का फल खा लिया। उनको नशा...
- बेल को ऊँचा उठना हो तो क्या करना पड़ेगा?...? तब उसे किसी पेड़ का सहारा लेना पड़ेगा, तभी वह पेड़ के साथ-साथ उतने ऊँचाई तक जा सकती है, जितना ऊँचा प...
- बेवकूफी किसे कहते हैं?...? जैसी कि हमने और आपने अपने-अपने ऊपर अपने आप से ओढ़ ली है। नहीं साहब! माया में किसी ने फँसा दिया है। न...
- बेशक, लेकिन जिस दिन वह भगवान रामचन्द्र जी के चरणों में आया, फिर उसने डकैती डाली या नहीं?...? नहीं महाराज जी! उसके बाद में एक भी डकैती नहीं डाली। नहीं भाई! ऐसा करता रहा हो कि दिन में तो माला ज...
- बेशकीमती चीजें पाने के लिए, अच्छी चीजें पाने के लिए, इज्जत पाने के लिए आपको क्या करना चाहिए?...? आपको जँवाई बनना चाहिए। किनका जँवाई बनना चाहिए? भगवान् जी और किसका? साईं बाबा का और किसका आचार्य जी क...
- बेशकीमती चीजें पाने के लिए, अच्छी चीजें पाने के लिए, इज्जत पाने के लिए आपको क्या करना चाहिए?...? आपको जँवाई बनना चाहिए। किनका जँवाई बनना चाहिए? भगवान जी का और किसका? साईं बाबा का और किसका आचार्य जी...
- बेहूदी जिन्दगी को हम जिस तरह से सँभाल पाते हैं?...? साधना इसका नाम है। असल में साधना इसी का नाम है। वह जो हमने अभ्यास कराया था, शुरू में कि आपको तमीज सि...
- बेहोश हो गये तब उसकी जेब में जो दो हजार रुपये के नोट थे, तब शराबखाने के मालिक ने उस पैसे को गिना और सँभाल कर रखा और सँभालकर रखने के बाद में जितने पैसे की शराब पी थी, ठीक बिलकुल नये काने-कौड़ी का फर्क नहीं किया, उतना ही बिल उसकी जेब में डाल दिया और बाकी पैसा जेब में से काट करके बाकी पैसों समेत टैक्सी मँगाई और टैक्सी किराये करके उसे भेज दिया, क्या मजाल कि एक कानी कौड़ी का फर्क पड़े?...? इस तरह की नैतिकता की शिक्षा जिन देशों में होती है, वास्तव में वही देश इस लायक होते हैं, जो अपने भीतर...
- बैंक का सारा रुपया खा जायेगा, तब?...? अमानत थी नहीं, फिर कैसे खा जाता। पकड़ा जायेगा। आदमी के पास जो ज्ञान है, जो विद्या है, बुद्धि है, वह स...
- बैंक में जमा नहीं किया?...? बैंक में हमारा विश्वास नहीं है। बैंक से ज्यादा ईमानदार आदमी हमको अपने बच्चे मालूम पड़ते हैं, बेटे-पो...
- बैंक में जमा नहीं किया?...? बैंक में हमारा विश्वास नहीं है। बैंक से ज्यादा ईमानदार आदमी हमको अपने बच्चे मालूम पड़ते हैं, बेटे-पोत...
- बैंक मैनेजर पढ़ेगा और हँसेगा कि ये किस बच्चे ने लिखा है?...? ये उस बच्चे ने लिखा है जिसका बैंक में कोई खाता नहीं है। तो फिर ये चिट्ठी से कैसे मिल सकता है? चिट्ठी...
- बैंक वाला स्वयं किसी को रुपया दे देगा क्या?...? नहीं। क्योंकि बैंक वाला उधार देने के पहले हजार बार ये तलाश करता है जिस आदमी को दिया जाने वाला है, वो...
- बैंक वाले चाहे किसी को रुपये दे देंगे क्या?...? नहीं; क्योंकि वे रुपया उधार देने से पहले हजार बार यह तलाश करता है कि जिस आदमी को दिया जाने वाला है व...
- बैंक से रुपया ले करके भाग गए हैं?...? हाँ, साहब पन्द्रह हजार रुपया ले करके भाग गए थे और हमारा वारण्ट है। आप ऐसा कीजिए बैंक वालों से मिलिए ...
- बैकवर्ड कौन हैं?...? बैकवर्ड है तू। नीयत के हिसाब से और चरित्र के हिसाब से पिछड़ा हुआ आदमी, गिरा हुआ आदमी, घटिया आदमी और ...
- बैठ जा, यहाँ आ और खाना खा ले, तो नौकर को ऐसे खाना खिलाया जाता है और मालिक को?...? जब अपना पति आता है, तब पंखा झलते हैं, हाथ धुलाते हैं और पैर धुलाते हैं। खाना खिलाते समय बार-बार ...
- बैरी कौन मालूम पड़ता है?...? कोई नहीं, बैरी केवल हमारी अपने मन की वृत्तियाँ हैं। हम यह मान सकते हैं कि कोई शारीरिक रूप से बीमार ह...
- बैरोज का अतिथि बनेगा, पर कभी-कभी सोचा हुआ काम कहाँ हो पाता है?...?
उसे सामने एक बहुत बड़ा होटल दिखाई दिया। केवल रात काटनी थी। उसने होटल की ओर कदम बढ़ाए। सीढ़ियों की ओर च...
- बैरोज के घर का पता बता सकते हैं?...? ’
वह अनसुनी करके अपनी आँखें मटकाता हुआ आगे बढ़ गया। सन्यासी स्टेशन की सीमा पार कर राजमार्ग पर चलने लग...
- बैल कितने का आता है?...? बैल तो एक हजार रुपये का आता है और हाथी? हाथी गुरुजी! छः हजार का आता है और घोड़ा? अच्छे घोड़े तो बहुत द...
- बैल तो एक हजार रुपये का आता है और हाथी?...? हाथी गुरुजी! छः हजार का आता है और घोड़ा? अच्छे घोड़े तो बहुत दाम के आते हैं और बेटा कितने दाम का आता ह...
- बॉर्डर कैसा था?...? बताना तो सही।
मन जंगली हाथी है, उसे बाँधिए
आप मान लीजिए, अगर यही सवाल अगले इम्ति...
- बोए किसने हैं?...? स्वयं खुद ने बोए हैं तो निराकरण भी स्वयं ही करना होगा। मनःस्थिति बदलने से परिस्थितियाँ बदल जाएँगी। इ...
- बोए किसने हैं?...? स्वयं खुद ने बोए हैं तो निराकरण भी स्वयं ही करना होगा। मन स्थिति बदलने से परिस्थितियों बदल जाएँगी। इ...
- बोगी किसे कहते हैं?...? जिसमें 36 सीट होती हैं और आप तो फर्स्ट क्लास में आए।...
- बोर्डिंग में तो रहेंगे न?...? समूह में तो रहेंगे न? कहीं भी रहेंगे, अकेले तो नहीं रहेंगे।
आप अकेले भी जहाँ कहीं रहते हैं, वह आ...
- बोल दे देंगे?...? नहीं। हनुमान जी के पास जा और हनुमान जी से कहो कि हे हनुमान जी! हमारे बच्चा पैदा कर दो, हमारी शादी कर...
- बोलकर सिखा दो और बता दो कि पहले क्या कहोगे?...? ऐसा मत कहना कि हम कुछ और कहने आए हैं और तुम अपना नमक-मिर्च लगाकर कहने लगो। हम जो बात कहना चाहते है...
- बोलना किसको आता है?...? किताबें कौन पढ़ सकता है? वगैरह आपको इतनी सुविधाएँ मिली हुई हैं आप कभी एकान्त में बैठकर के विचार करें ...
- बोलना किसको आता है?...? किताबें कौन पढ़ सकता है? अगर आपको इतनी सुविधाएँ मिली हुई हैं आप कभी एकान्त में बैठ कर के विचार करें ...
- बोलने में वाणी की कितनी शक्ति खर्च हो जाती है, आपको मालूम है?...? नहीं बोलने में कितनी शक्ति खर्च होती है, यह आपको पता ही नहीं है।
मित्रो! आपने देखा होगा कि मरते ...
- बोला क्या आ जायेगा उसने कहा अबकी बार तुम चिट्ठी लिखो या जाना हो तो जाओ मैंने कहा महीने पंद्रह दिन में मेरा प्रोग्राम बनेगा तो फिर जाऊंगा मैं फिर आया माताजी ने कहा बेटा अभी तक नहीं लौटा क्या?...? मैंने कहा माताजी अभी तक तो नहीं लौटा अच्छा बेटा मैं देखती हूँ कल मिलना मुझसे। दूसरे दिन मैं जब मिलने...
- बोले इतने गंदे कपड़े पहनकर स्कूल आने में शर्म नहीं आती?...? मैं तुम पर आठ आना जुर्माना करता हूँ।’
आठ आना! मेरे पैरों के नीचे से धरती खिसक गयी। मुझे अपमान की उतन...
- बोले हमें क्या मालूम किसका है?...? होगा किसी का, हमें क्या मतलब? हम तो हर गाने को अध्यात्म से जोड़ते हैं। उन्होंने कहा—मेरे पैरों में घ...
- बोले, ‘‘क्या है बेटा?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘पिताजी, प्रेत परेशान कर रहे हैं।’’ गुरुदेव बोले, ‘‘अच्छा बेटा, चल! मैं देखता हूँ।’’ ...
- बोले, ‘‘शैलो, तुझे क्या हो गया?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘मैं ठीक हूँ। आप कैसे हो?’’ तब गुरुजी ने कहा, ‘‘शैलो, तू क्यों चिन्ता करती है। कोई खास...
- बोले-इतना त्याग न होता तो तुम्हारी कोख से रामकृष्ण कैसे जन्म लेते?...? (६) पाण्डव मन मारे बैठे थे। कौरवों ने चक्रव्यूह का निमन्त्रण भेजा था। उसे भेदन करना केवल अर्जुन ही ...
- बोले-क्यों स्नान नहीं करता क्या?...? उसका पिता बोला-महाराज हम लोग मल्लाह हैं हम तो पानी में काम काम करते हैं कई बार स्नान होता है साधु बो...
- बोले—हमारा तो बोनस, प्रोविडेंट फंड मिला करके 80,000 रुपया मिल जाएगा और पेंशन?...? पेंशन भी चार-पाँच सौ रुपये की मिल जाएगी।
बेटा! अच्छी बात है। यह क्या है? बेटे! यह तुक्का है। एक ...
- बोलो क्या करेगा वह तुम्हारा गुलाब ले करके?...? भगवान को गुलाब समर्पित करने का मतलब उसकी किसी जरूरत को पूरा करना नहीं है, बल्कि अपने मन के ऊपर एक छा...
- बौद्धिक पराधीनता के विरुद्ध छेड़े हुए अपने विचार क्रान्ति संग्राम में भाग लेने वाले सेनानियों को कम से कम गाली खाने के लिए तैयार रहना ही होगा, जो गाली खाने से डरेगा, वह अवांछनीयता के विरुद्ध आवाज कैसे उठा सकेगा?...? अनुचित से लड़ कैसे सकेगा? इसलिए युग परिवर्तन के महान् अभियान का नेतृत्व कर सकने की आवश्यकता शर्त यह ह...
- बौने आदमी और बच्चों की चिन्ता क्या हो सकती है?...? बच्चा हरदम कुछ न कुछ माँगता रहता है कि कुछ लाइये। क्या माँगता है? कोई अच्छी चीज माँगता है। पिताजी!...
- ब्याज क्या होता है?...? बेटे, ब्याज वह धन होता है, जो आपके जमापूँजी पर आठ-दस प्रतिशत के हिसाब से अतिरिक्त रूप में मिलता है। ...
- ब्याज क्या होता है?...? बेटे, ब्याज वह धन होता है, जो आपके जमा पूँजी पर आठ-दस प्रतिशत के हिसाब से अतिरिक्त रूप में मिलता है।...
- ब्याह किसके लिए होता हैं?...? वासना के लिए—प्रेम के लिए नहीं। प्रेम किसे कहते हैं? बेटा, प्रेम तो चला गया, प्रेम तो दुनिया में रहा...
- ब्याह तो करना चाहिए लेकिन ब्याह किससे किया जाता है?...? इसका नाम है—धर्मपत्नी। ब्याह रमणी से नहीं किया जाता। अगर आपने किसी रमणी से ब्याह किया है, कामिनी से ...
- ब्याह-शादी में ठहरने वाले लोग कौन हैं?...? भूखे हैं? भिखारी हैं? दरिद्र हैं? दुखी हैं? कंगाल हैं? कोढ़ी हैं? नहीं साहब! ये तो नहीं हैं तो फिर क...
- ब्रह्म किसे कहते हैं?...? ब्रह्म उसे कहते हैं जो सारे-के-सारे विश्व का नियंत्रण कर रहा है। सारे-के-सारे कानून बना दिए हैं और ऑ...
- ब्रह्म क्या होता है?...? जीव क्या होता है? नहीं साहब! हम दिमाग का शिक्षण करेंगे। मित्रो! यह दिमाग की कोई शक्ति नहीं है। यह ...
- ब्रह्म चेतन है और चेतन केवल सम्वेदना हो सकती है और सम्वेदना कैसी होती है?...? विवेकशीलता के रूप में और करुणा के रूप में। आदर्श हमारे पास हों और वास्तविक हों तो उनके अन्दर एक ऐसा ...
- ब्रह्म-विराट् और जीव-लघु, इन दोनों का जब आपस में मिलन होता है, तब कैसा मालूम पड़ता है?...? तब बेटे,.......मैं तुझे उदाहरण देकर समझाता हूँ—बिजली के दो तार जब आपस में मिलते है तो क्या बात होती ...
- ब्रह्मतेज कैसा हो सकता है?...? ब्राह्मण कैसा हो सकता है? ब्राह्मण की वाणी कैसी हो सकती है? ब्राह्मण का चेहरा कैसा हो सकता है? ब्राह...
- ब्रह्मतेज कैसा होता है?...? ब्रह्मतेज उसे कहते हैं—जब विश्वामित्र और वशिष्ठ में संघर्ष हुआ तब विश्वामित्र हार गए और अपना राज्य छ...
- ब्रह्मलोक को भी खुराक चाहिए?...? हाँ बेटे! ब्रह्मलोक को भी खुराक चाहिए। खुराक कहाँ से मिलती है? उसी की बात मैं कह रहा था। दीपक की लौ ...
- ब्रह्मवर्चस कैसा है?...? वह ब्रह्मवर्चस जिसकी स्थापना कराने के लिए हम आपको ले जाते हैं, पूरा कराने के लिए आपको ले जाते हैं।...
- ब्रह्मवर्चस एक, ब्रह्मवर्चस में कितने आदमी काम करते हैं?...? वे क्या हैं? आठ-दस तो वे हैं, जो पोस्ट ग्रेजुएट हैं, पी. एच.डी. हैं, मेडिकल के एम. बी. बी. एस. हैं, ...
- ब्रह्मवर्चस एक, ब्रह्मवर्चस में कितने आदमी काम करते हैं?...? वे क्या हैं? आठ-दस तो वे हैं, जो पोस्ट ग्रेजुएट हैं, पी-एच० डी० हैं, मेडिकल के एम०बी०बी०एस० हैं, एम०...
- ब्रह्मवर्चस किसे कहते हैं?...? ब्रह्मवर्चस भी एक ताकत है। दुनिया में बहुत सारी ताकतें हैं। एक ताकत वह है, जो शरीर की ताकत कहलाती है...
- ब्रह्मवर्चस की कैसे होती है?...? ब्रह्मवर्चस की ताकत के बारे में पुराने ऋषियों की बात बताऊँ आपको। पुराने ऋषियों की बात जाने दीजिए कल-...
- ब्रह्मवर्चस क्या है?...? बेटे! ब्रह्मवर्चस एक फिलॉसफी है, एक दर्शन है, एक सिद्धान्त है। आदमी के भीतर कुछ सोया हुआ है। आदमी के ...
- ब्रह्मवर्चस देखा है?...? चौबीस सौ शक्तिपीठें देखी हैं। करोड़ों रुपये की बिल्डिंगें हैं यह। इनसे आपको अन्दाज लगेगा कि कितना धन ...
- ब्रह्मवर्चस में क्या गतिविधियाँ चलती हैं?...? उन्हें देखकर के आना।...
- ब्रह्मवर्चस में क्या होगा?...? प्रशिक्षण होगा। कैसे होगा? इसमें प्रातःकाल ढाई घण्टे की साधना है जिसे पंचकोशी साधना एवं कुण्डलिनी सा...
- ब्रह्मवर्चस में शोधकर्ता कौन है?...? शोधकर्ता बेटे! कई हैं, जिनमें एक अमुक है, एक अमुक है.....॥ कितने आदमी हैं? बहुत सारे हैं। कोई म...
- ब्रह्मवर्चस् के माध्यम से हम आपको यह सब बतलाने वाले हैं कि पंचकोशी साधना क्या होती है?...? इसका पंचमुखी गायत्री से क्या सम्बन्ध होता है?हमारे मन के भीतर चमत्कारी शक्तियाँ भरी पड़ी हैं। मन के अ...
- ब्रह्मवर्चस् किसे कहते हैं?...? ब्रह्मवर्चस् भी एक ताकत है। दुनिया में बहुत सारी ताकतें हैं। एक ताकत वह है, जो शरीर की ताकत कहलाती ह...
- ब्रह्मवर्चस् की कैसे होती है?...? ब्रह्मवर्चस् की ताकत के बारे में पुराने ऋषियों की बात बताऊँ आपको। पुराने ऋषियों की बात जाने दीजिए, क...
- ब्रह्मवर्चस् कौन सा है?...? ब्रह्मवर्चस् कहते हैं तेज को। ब्रह्मतेज कैसा होता है? ब्रह्मतेज उसे कहते हैं—जब विश्वामित्र और वशिष्...
- ब्रह्मविद्या से क्या मतलब?...? ब्रह्मविद्या से यह मतलब है कि जो कुछ भी मानव-जीवन की श्रेष्ठता और गरिमा से सम्बन्धित है, वह सारे के ...
- ब्रह्मा जी कहेंगे या गुरुजी कहेंगे?...? नहीं साहब! हम ज़बान से मंत्र बोलते हैं। बेटे, जबान से बोलने वाले मंत्र की कोई कीमत नहीं है। जबान...
- ब्रह्मा जी ने जब सृष्टि के निर्माण की योजना बनाई तो उन्होंने सोचा कि ज्ञान एवं विज्ञान के बिना इस सृष्टि का निर्माण कैसे हो सकता है?...? उन दोनों को प्राप्त करने के लिए कमल के फूल पर बैठकर बतलाते हैं कि उन्होंने हजार वर्ष तक तप किया। वह ...
- ब्रह्मा जी ने जब सृष्टि के निर्माण की योजना बनायी तो उन्होंने सोचा कि ज्ञान एवं विज्ञान के बिना इस सृष्टि का निर्माण कैसे हो सकता है?...? उन दोनों को प्राप्त करने के लिये कमल के फूल पर बैठकर बतलाते हैं कि उन्होंने हजार वर्ष तक तप किया। वह...
- ब्रह्मा जी बैठे हुए थे, विचार कर रहे थे कि अब हमें क्या करना चाहिए और हमने किसलिए जन्म लिया है?...? आकाश से आकाशवाणी होती है, आकाशवाणी से गायत्री मंत्र दिया जाता है, आकाशवाणी से सन्देश आता है कि इस मंत...
- ब्रह्माजी ने उनकी हार के कारण को तलाश किया और ये पता लगाया कि आखिर क्यों हारे?...? आखिर थे तो ये देव। देव क्यों हारे? देवों के हारने की एक वजह है, दूसरी कोई वजह नहीं है। देव जब कभी हा...
- ब्रह्माजी ने क्या काम किया?...? अपना हाथ निकाला और सबमें से शक्ति खींची। सबमें से शक्ति खींचकर के उन्होंने एक गोला बनाया जादू का। जा...
- ब्रह्माजी विचार करने लगे—इतना परिश्रम जो मनुष्य के ऊपर किया गया, किसलिए किया गया?...? अगर मनुष्य को भी कीड़े-मकोड़े की तरह जीना था तो उसके लिए किसलिए परिश्रम किया गया, ब्रह्माजी ने विचार क...
- ब्रह्माण्ड क्या है?...? बेटे, यही है ब्रह्मलोक, जिसे हम सहस्रार चक्र कहते हैं। इसी में क्षीरसागर है। इसी में कैलाश पर्वत है।...
- ब्रह्मानन्द कैसा होता है?...? भगवान् के भजन में कैसा आनन्द आता है। इसका उदाहरण वेदों में मिलता है। लोगों ने कहा कि भगवान् के यहाँ ...
- ब्राह्मण के अलावा?...? ब्राह्मण के अलावा किसी की भी नहीं है। ब्राह्मण के अलावा इस पर अधिकार तो सबको है, पर इसका अनुग्रह न...
- ब्राह्मण आप किसे कहते हैं?...? ब्राह्मण मैं आप सबको कहता हूँ। क्यों कहते हैं? इसलिए कहता हूँ कि सिद्धान्त के लिए, आदर्शों के लिए, आद...
- ब्राह्मण कहाँ से लायें?...? हम ज्ञानी कहाँ से लायें? पण्डित कहाँ से लायें? वे व्यक्ति जिनके भीतर आध्यात्मिकता का प्रकाश आ गया ह...
- ब्राह्मण का चेहरा कैसा हो सकता है?...? ब्राह्मण का वचन कैसा हो सकता है? ब्राह्मण का व्यक्तित्व कैसा हो सकता है? ये आप अन्दाजा लगाइए। हम इस अ...
- ब्राह्मण का वचन कैसा हो सकता है?...? ब्राह्मण का व्यक्तित्व कैसा हो सकता है? ये आप अन्दाजा लगाइए। हम इस अंदाज को खत्म करते हैं और यह कहते ...
- ब्राह्मण का व्यक्तित्व कैसा हो सकता है?...? ये आप अन्दाजा लगाइए। हम इस अंदाज को खत्म करते हैं और यह कहते हैं कि आप हमें देख लें। गायत्री मंत्र जि...
- ब्राह्मण किसे कहते हैं?...? जो किफायतसारी जीवन जीता है। सन्त जिसे कहते हैं? जो दयालु होता है। जिसके हृदय में करुणा एवं दया होती ह...
- ब्राह्मण किसे कहते हैं?...? जो किफायतसारी जीवन जीता है। सन्त किसे कहते हैं? जो दयालु होता है। जिसके हृदय में करुणा एवं दया होती ह...
- ब्राह्मण की क्यों बनाई?...? इसलिए बनाई कि पुराने जमाने के राजपूत ब्राह्मणों से मारपीट नहीं करते थे। उनके सामने हाथ जोड़ते थे, मार...
- ब्राह्मण की वाणी कैसी हो सकती है?...? ब्राह्मण का चेहरा कैसा हो सकता है? ब्राह्मण का वचन कैसा हो सकता है? ब्राह्मण का व्यक्तित्व कैसा हो स...
- ब्राह्मण के चरण धोएगा भगवान?...? हाँ, ब्राह्मण के चरण धोएगा भगवान। महाभारत में एक कथा आती है। एक बार ऐसा हुआ कि विष्णु भगवान शेषशैय्य...
- ब्राह्मण कैसा हो सकता है?...? ब्राह्मण की वाणी कैसी हो सकती है? ब्राह्मण का चेहरा कैसा हो सकता है? ब्राह्मण का वचन कैसा हो सकता है...
- ब्राह्मण कैसे होते हैं?...? ब्राह्मण ऐसे होते हैं, जैसे ईश्वर चन्द्र विद्यासागर। ईश्वरचन्द्र विद्यासागर को पाँच सौ रुपये महीने...
- ब्राह्मण कौन है?...? जो किफायतसारी जीवन जीता हो। अगर आप ब्राह्मण हैं, तो हम आपके खर्चे की व्यवस्था कर सकते हैं। आप आगे ...
- ब्राह्मण कौन होता है?...? ब्राह्मण उसे कहते हैं जो अपने व्यक्तिगत जीवन के लिए खरच करने के सम्बन्ध में किफायत बरतता है। ब्राह्मण ...
- ब्राह्मण क्यों बन गए?...? जब भगवान् को जानते थे कि वे भगवान् हैं, तो फिर ढोंग काहे को बनाया? चले जाते और कहते कि हम हनुमान हैं...
- ब्राह्मण जब मिलेगा, तो देख लेना, कब मिलेगा?...? जब किसी लड़की-लड़के का ब्याह हो रहा होगा, एक पण्डित इधर बैठा होगा और एक पण्डित उधर बैठा होगा। जरा देखन...
- ब्राह्मण जीवन किसे कहते हैं?...? किफायतसारी जीवन को कहते हैं। ब्राह्मण उसे कहते हैं जो अपना खर्च कम से कम में चला सकता हो तथा अधिक ...
- ब्राह्मण जीवन किसे कहते हैं?...? किफायतसारी जीवन को कहते हैं। ब्राह्मण उसे कहते हैं जो अपना खर्च कम से कम में चला सकता हो तथा अधिक से...
- ब्राह्मण जीवन क्यों है?...? गायत्री की शक्ति किसके ऊपर उतर कर आती है? ब्राह्मण के ऊपर आती है। ब्राह्मण कौन होता है? ब्राह्मण उसे...
- ब्राह्मण देवता हैं?...? हाँ, देवता होते थे। देवता कौन? जिन्होंने मुट्ठी भर अनाज खाया; जिन्होंने फटे-पुराने कपड़े पहने; जिन्हो...
- ब्राह्मण हैं कि राक्षस हैं?...? उनके मुँह में ग्रास कैसे चला जाता है कि माँ तो रो रही है और वे खा रहे हैं, वे मिष्टान्न खा रहे हैं, ...
- ब्राह्मण, ठाकुर, बनिया, कायस्थ कौन हैं?...? आपको मालूम नहीं, हमको मालूम है। आपको कैसे मालूम पड़ा? हमको तो कबीर ने बताया और उनकी बात पर हमको विश्...
- ब्राह्मणत्व किसे कहते हैं?...? जिसके हृदय में करुणा है, दया है, जो दूसरों के दुःखों को, कष्टों को देख करके पसीज जाता है। अपने देश...
- ब्राह्मणत्व की क्या मान्यतायें हैं?...? ब्राह्मणत्व की दो मान्यतायें हैं—एक तो आदमी को चरित्र की दृष्टि से पवित्र और शुद्ध होना चाहिए। म...
- ब्राह्मणत्व क्या होता है?...? असली ब्राह्मण कौन होता है, क्या हो सकता है, उसके गुण क्या हैं? उसका आदर्श क्या है? उसकी भावनाएँ क्या...
- ब्राह्मणों ने भला किया है, सन्तों ने भला किया है?...? ब्राह्मणों की वाणी में, सन्तों की तपस्या में बल होता है। आपको इसी प्रकार कोई मिल जाएगा तो आप नास्त...
- ब्राह्मणों ने भला किया है, सन्तों ने भला किया है?...? ब्राह्मणों की वाणी में, सन्तों की तपस्या में बल होता है। आपको इसी प्रकार कोई मिल जाएगा तो आप नास्तिक...
- ब्रुश से क्या बनता है?...? तस्वीरें बनती हैं, पेंटिंग बनती हैं। अच्छा चलिए, हम आपको एक ब्रुश जैसा भी आप चाहे, मँगा सकते हैं और ...
- ब्रुश से क्या बनता है?...? तसवीरें बनती हैं, पेंटिंग बनती हैं। अच्छा चलिए हम आपको एक ब्रुश जैसा भी आप चाहें, मँगा सकते हैं और...
- ब्लडप्रेशर, हार्टडिसीज, डायविटिज न जाने क्या-क्या बीमारियाँ घेरे रहती हैं?...? खाने की चीजों का ठिकाना नहीं। मेरा एक मित्र है, वहाँ इन्जीनियरिंग कॉलेज में पढ़ाता है, कहता है—हम पान...
- ब्लैकबोर्ड हमारे पास नहीं होंगे, खड़िया हमारे पास नहीं होगी तो हम आपको गणित कैसे सिखा पाएँगे?...? जरा आप बताइए तो सही। नक्शा अगर हमारे पास नहीं है तो हम किस तरीके से आपको सड़क दिखा पाएँगे? अथवा आपको...
- ब्लैकबोर्ड हमारे पास नहीं होंगे, खड़िया हमारे पास नहीं होगी तो हम आपको गणित कैसे सिखा पाएँगे?...? जरा आप बताइए तो सही। नक्शा अगर हमारे पास नहीं है तो हम किस तरीके से आपको सड़क दिखा पाएँगे? अथवा आपको ...
- ब्लैकमेलिंग करते हैं ना?...? हमारा काम कर दीजिए नहीं तो हम रोटी नहीं खायेंगे। अच्छा, तो आप यही तप कर रहे थे? तप करने का आपका यह...
- बड़प्पन तो आपकी जिन्दगी में छाया रहा न?...? आप उसी की पार्टी में रहे, आपने उसी का कहना माना न? आप उसी के लिए मरे-खपे न? अब तक आपको वही प्यारा लग...
- बड़ा आया मनोकामना वाला?...? भगवान् की मनोकामना तुझे पूरी करनी चाहिए कि तेरी भगवान को करनी चाहिए? नहीं साहब! भगवान् को मेरी मनोका...
- बड़ा जबरदस्त था?...? गान्धारी ने आँखों में पट्टी बाँध ली थी। क्यों बाँध ली थी? बुड्ढे आदमी के साथ हमारा ब्याह हुआ है ...
- बड़ा प्यार है, किससे?...? अपने ब्राह्मणत्व से। अपने ब्राह्मणत्व की रक्षा करना चाहते हैं। हम अपने ब्राह्मणत्व को गँवाना नहीं चा...
- बड़ा महँगा पड़ता था?...? हाँ बेटे! बड़ा महँगा पड़ता था? और गाँधी जी तो बड़े गरीब थे, बकरी का दूध पीते थे और बहुत सस्ता खाते थे। ...
- बड़ी परेशानी में बैठे हुए थे और विचार कर रहे थे कि पैसा कहाँ से आयेगा?...? पैसा कहीं से नहीं आयेगा। पैसा हमारे हाथों से निकलता है और अकल में से निकलता है। नहीं साहब! पैसा...
- बड़ी मामी ने क्या खिलाया?...? अजी, सब खिला दिया। चल अच्छा रहा। उसके पेट में कूद रहे थे चूहे। तीसरे के पास गया, चौथे के पास गया, पा...
- बड़ी-बड़ी नहरें निकलती रहीं; लेकिन आपने देखा उसमें?...? कोई कमी नहीं पड़ी। बिहार में आप जाइए, सोनपुर में आप देखिए, गंगा का कितना चौड़ा पाट है। पटना में चले जा...
- बड़े इनसान बनाने के लिए क्या करना पड़ता है?...? अगर पेड़ को बड़ा एवं ऊँचा बनाना हो तो क्या करना पड़ेगा? इसके लिए सिर्फ एक काम करना पड़ेगा कि उसकी जड़ों ...
- बड़े ने गुरुजी से कहा, ‘‘गुरुजी क्या करूँ?...? छोटा भाई मान ही नहीं रहा। कहता है, सब लूँगा।’’
पूज्यवर ने एक क्षण सोचा फिर कहा, ‘‘बेटा घर व जर्म्सक...
- बड़े बच्चे से क्यों होनी चाहिए?...? छोटे बच्चे को तो नेचर चाहती है कि उसका कोई गार्जियन होना चाहिए। नेचर के दबाव से क्या चिड़िया, क्या मे...
- बड़े मामा ने क्या खिलाया?...? बड़ी मामी ने क्या खिलाया? अजी, सब खिला दिया। चल अच्छा रहा। उसके पेट में कूद रहे थे चूहे। तीसरे के पास...
- बड़े सेठ आदमी का नाम है, तो क्या कोई सेठ हो सकता है?...? कैसे हो सकता है? उपासना से हो सकता है।मित्रो! आध्यात्मिकता के सहारे व्यक्ति मालदार भी हो सकता है और ...
- बड़े हैं तो उनको रोजाना कितना चावल खिलाया करेगा?...? कम-से पाँच किलो चावल भगवान जी को रोज खिलाया कर। गणेश जी को पूजता है, तो कम-से पाँच किलो लड्डू खिला। ...
- बड़ों के साथ आपका व्यवहार कैसा हो?...? बराबर वालों के साथ आपका व्यवहार कैसा हो? मिल-बाँटकर खाने में कैसा आनन्द आता है, इसको आप समझें।
...
- बढ़ई कौन होता है?...? वो जो लकड़ी का धंधा' करता है। ये वही हैं और अब बामन बन गए हैं। लोगों ने मुझसे पूछा-क्यों साहब! आप...
- बढ़ता शोर-कोलाहल आदमी के मस्तिष्क को पागल बनाने के लिए काफी है, जिस तरह से कुपोषण के कारण छोटे बच्चे मौत के मुँह में चले जाते हैं, उसी तरीके से इन कुप्रभावों से आदमी की शारीरिक और मानसिक सेहत अब खराब होने वाली है?...? मौसम के जानकारों का कहना है कि अगले दिन हमारे लिए मुसीबत के होंगे, क्योंकि तापमान इस कदर बढ़ता जा रहा...
- बढ़ने के बाद फिर क्या होगा?...? बढ़ने के बाद दिन ऐसा आयेगा कि उसके अन्दर एक काले रंग की लकीर पड़ेगी अपने आप। लकीर पड़ने के बाद में उसमें...
- बढ़िया कुर्ता पहनेगा, राजेश खन्ना बनकर जाएगा तो क्या तुझे मजदूर मिलेगा?...? ’’एक दिन कुछ नेता लोग गुरुजी से मिलने आये। गुरुजी ने मुलाकात के बाद उनको भोजन कराया। चौके की बहनों स...
- भई क्या मतलब है?...? बेकार की बातें, बेकार की बातें। पुराण पढ़ते हैं, सत्संग करते हैं, ये न पुराण है न ये सत्संग है, न ये...
- भई मुझे तो कुछ मालूम नहीं खर्चा कितना हुआ और कितना होगा?...? क्या, आपको नहीं मालूम? बेटा मुझे एक ही मालूम है कि जिसके साथ हम जुड़े हुए हैं हमको पूरा विश्वास और प...
- भक्त इतना मजबूत होता है?...? हाँ, भक्त . इतना ही मजबूत होता है, जो भगवान के ऊपर दबाव डालता है। भक्त कहता है कि हमारा 'ड्यू' है, आ...
- भक्त ऐसे हो सकते हैं?...? ये ही वैकुंठ में जाएँगे क्या? भोलेनाथ! आपने तो मेरी भी दुर्गति करा दी। यह आपने क्या किया? उन्होंने क...
- भक्त ऐसे होते हैं?...? नहीं, भक्त ऐसे नहीं होते।
बगदाद की जमीला
मित्रो! भक्त वजनदार होते हैं, भारी-भरकम होत...
- भक्त ऐसे होते हैं?...? नहीं, भक्त ऐसे नहीं होते। बगदाद की जमीला मित्रो! भक्त वजनदार होते हैं, भारी-भरकम होते हैं। भक्त दयाल...
- भक्त करता है कब?...? जब वह भगवान का स्वरूप हो जाता है।
लाली मेरे लाल की, जित देखूँ तित लाल।...
- भक्त कहता है कि हमारा 'ड्यू' है, आप हमारी सहायता क्यों नहीं करते?...? और वह देवता से, भगवान से लड़ने के लिए आमादा हो जाता है। वह कहता है कि क्या वजह है कि आप हमारी सहायता...
- भक्त काहे का जो चाहेगा?...? भक्ति किस बात की, जिसमें चाहा जाता है? चाहना और भक्ति का कोई ताल्लुक नहीं है। साहब! हम तो प्यार ...
- भक्त किसे कहते हैं?...? भक्त कहते हैं भगवान के जँवाई को। उसे पैसा चुकाना नहीं पड़ता है भगवान को? किसलिए चुकाना पड़ता है? इसीलि...
- भक्त की यह कसौटी है कि उसका अन्तःकरण कैसा है?...? मलिनताओं से भरा हुआ है अथवा उसका एक सन्त जैसा हृदय है। तो सन्त का हृदय कैसा होता है? सन्त का हृदय बह...
- भक्त की हम पहचान देखते हैं और भक्त का लिफाफा?...? लिफाफे तो कई तरीके के पहने जा सकते हैं। बहरूपिए कई तरीके के लिफाफे पहन लेते हैं। कभी राजा बन जाते है...
- भक्त के दिमाग में जो गोबर भरा पड़ा है, तो भगवान हमारे अन्तःकरण में आएगा कहाँ से?...? वह तो गोबर में ही समा जाएगा। भगवान तुम्हारे अन्तःकरण में इतनी दूर से आए और तुम्हारे ऊपर कोई असर नहीं...
- भक्त के भीतर मनोकामना बैठ गई तो फिर भक्ति कैसे आ जाएगी?...? भक्ति आएगी तो मनोकामना नहीं रहेगी और मनोकामना आ जाएगी तो भक्ति नहीं रह सकती।
नारद मोह
...
- भक्त क्या है?...? भक्त है भगवान का जँवाई। भक्त किसे कहते हैं? भक्त कहते हैं भगवान के जँवाई को। उसे पैसा चुकाना नहीं पड़...
- भक्त शब्द में क्या हो सकता है?...? भक्त शब्द के साथ में एक और जिम्मेदारी जुड़ी हुई है। उसमें भगवान की इच्छाएँ पूरी करने की बात जुड़ी रह...
- भक्त ही बन जाने का सारा खेल है, आपको कैसे कहूँ?...? आपको कैसे समझाऊँ? आपने उसे क्या मान लिया, मुझे पता नहींं। ऋषि क्या कहना चाहते थे और न जाने आपकी अकल...
- भक्ति और भक्त की एक ही कसौटी है कि सदुद्देश्यों के लिए वह शरीर, मन और अन्त:करण से कितना अधिक सक्रिय है?...? शरीर की क्रियाशीलता, मस्तिष्क की विचारणा और अन्तःकरण की उदारता पारमार्थिक कार्यों में कितना अधिक नियो...
- भक्ति और मनोकामना भक्त की जिन्दगी में एक साथ कैसे हो सकती हैं?...? भक्त के भीतर मनोकामना बैठ गई तो फिर भक्ति कैसे आ जाएगी? भक्ति आएगी तो मनोकामना नहीं रहेगी और मनोकामन...
- भक्ति का अर्थ क्या होता हैं?...? भक्ति का अर्थ सेवा होता है। कौन करेगा किसकी सेवा? वह करेगा और उसकी करेगा जिसको वह मोहब्बत करता है। त...
- भक्ति का मूल्य यह है कि भक्त का मन कैसा होना चाहिए?...? समर्पित होना चाहिए। जिस तरीके से नाला नदी में मिल जाता है, गंगा में मिल जाता है, तो पवित्र हो जाता ह...
- भक्ति का स्वरूप सर्वांगीण होना चाहिए मुँह से भोजन कराया जाए और पाँवों को बाँधकर एक ओर पटक दिया जाए तो वह परमात्मा अपने उपासक की भावनाओं से कैसे सन्तुष्ट हो सकेगा?...? ईश्वर के पारलौकिक और अदृश्य जगत को यदि माना जाए और सम्पूर्ण संसार को, उसकी देह को उससे भी उतना प्यार ...
- भक्ति किस बात की, जिसमें चाहा जाता है?...? चाहना और भक्ति का कोई ताल्लुक नहीं है। साहब! हम तो प्यार करते हैं। आप किसको प्यार करते हैं? साहब! ...
- भक्ति किसे कहते हैं?...? भक्ति मोहब्बत को कहते हैं। अब मैंने ‘भक्ति’ का नाम लेना बन्द कर दिया है। क्यों? क्योंकि भक्ति अब ...
- भक्ति के चमत्कार कभी आपने सुने हैं?...? आपने भक्ति के चमत्कार देखे हैं? न तो आपने देखे हैं और न आपने सुने हैं। आपने तो सिर्फ कहानियाँ सुनी ह...
- भक्ति के लिए आपको अपने जीवन में किन सिद्धान्तों का समावेश करना चाहिए?...? गायत्री के अक्षरों में- उनकी स्वयं की संरचना में ये सारी की सारी शिक्षायें भरी हुई हैं। इनका आप अप...
- भक्ति कैसी होती है?...? इसकी एक कहानी सुनाता हूँ आपको। लैला-मजनूँ की कहानी सुनी है न आपने, न सुनी हो तो सुनिए। एक मजनूँ था ज...
- भक्ति कैसी होती है?...? जैसी मजनूँ की थी। मैं मजनूँ की बात कह रहा था न! एक बार लैला ने उसकी परीक्षा लेनी चाही और जानना चाहा ...
- भक्ति को आप ऐसा ही प्यार कहना चाहते हैं?...? आप भगवान का ईमान खराब करेंगे, ताकि सृष्टि की व्यवस्था के लिए उसने जो मर्यादा, नियम, कायदे और कानून...
- भक्ति को बदनाम क्यों किया?...? भक्ति को बदनाम करना मुझे नापसन्द है।
आप पूजा करें, अपने आप को पुजारी कहें, मुझे स्वीकार है। हम पु...
- भक्ति है आपके पास?...? नहीं है। अगर भक्ति और प्यार रहा होता तो आपने अपने माँ-बाप की सेवा की होती। बहन-भाइयों की सेवा की होत...
- भक्ति है आपके पास?...? नहीं है। अगर भक्ति और प्यार रहा होता तो आपने अपने माँ-बाप की सेवा को होती। बहन-भाइयों की सेवा की होत...
- भक्ति है आपके पास?...? नहीं है। अगर भक्ति और प्यार रहा होता, तो आपने अपने माँ-बाप की सेवा की होती; बहिन-भाइयों की सेवा की ह...
- भक्ति हो जाए तो क्या?...? विद्या हो जाए तो क्या? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता है। इसलिए मैं आपसे एक निवेदन कर रहा था कि हमक...
- भक्ति हो जाए तो क्या?...? विद्या हो जाए तो क्या? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता है। इसलिए मैं आपसे एक निवेदन कर रहा था कि हमक...
- भक्तियोग से क्या मतलब होता है?...? भक्तियोग का मतलब है-मोहब्बत। जिस तरह से हम व्यायामशाला में अभ्यास करते हैं और उससे अपने शरीर और कलाइ...
- भक्तियोग से क्या मतलब होता है?...? भक्तियोग का मतलब है-मोहब्बत। जिस तरह से हम व्यायामशाला में अभ्यास करते हैं और उससे अपने शरीर और कलाइ...
- भक्तियोग से क्या मतलब होता है?...? भक्तियोग का मतलब है—मोहब्बत। जिस तरह से हम व्यायामशाला में अभ्यास करते हैं और उससे अपने शरीर और कलाइ...
- भक्तों का इतिहास हम देखते हैं प्राचीनकाल से लेकर के अनादिकाल तक तो हमको मालूम पड़ता है कि भक्त किस तरीके से रहे हैं?...? भक्तों ने अपने जीवन में क्या हेर-फेर किया है। भक्तों के चिन्तन में क्या विशेषताएँ आई हैं? भक्तों के ...
- भक्तों की श्रेणी मैं आपको कहाँ तक गिनाऊँ?...? उनको कहाँ तक गिनाऊँ, जिन्होंने तप भी किया है और वरदान भी पाया है। फिर सब स्वाहा हो गए। जिसमें रावण भ...
- भक्तों के क्रिया-कलाप में और उद्देश्य में क्या फर्क आया है?...? हम देखते हैं शुरू से लेकर अन्तिम दिन तक। भक्त की हम पहचान देखते हैं और भक्त का लिफाफा? लिफाफे तो कई ...
- भक्तों के चिन्तन में क्या विशेषताएँ आई हैं?...? भक्तों के क्रिया-कलाप में और उद्देश्य में क्या फर्क आया है? हम देखते हैं शुरू से लेकर अन्तिम दिन तक।...
- भक्तों के पीछे पड़ा है, कब?...? जब उसने गंगाजल जैसा पवित्र और निर्मल अपने को बना लिया है, फिर तो भगवान को आना ही पड़ेगा। भगवान की क्...
- भगत सिंह मरेगा?...? नहीं, कभी नहीं मरेगा। कौन मरेगा? तू मरेगा, लेकिन भगतसिंह नहीं मर सकता। उसने समय को पहचान करके उस...
- भगवान की पूजा करने के लिए मैं किससे मना करता हूँ?...? पूजा करने से मेरा कोई विरोध नहीं है। पूजा का मैं समर्थक हूँ और पूजा की मैं शिक्षा देने वाला हूँ। ल...
- भगवान की प्रसन्नता के लिए, भगवान पर एहसान जताने के लिए, भगवान के कर्ज-ऋण चुकाने के लिए क्या हम कुछ कर सकते हैं?...? क्या कर सकते हैं। एक काम कर सकते हैं कि भगवान की इस खूबसूरत दुनिया को सुन्दर बनाने के लिए, समुन्नत...
- भगवान के आदमी हैं आप?...? हाँ साहब! हम भगवान के आदमी हैं और आप संसार के आदमी हैं। कभी ‘हरिजन’ शब्द बहुत अच्छा था। हरिजन शब्द...
- भगवान अपेक्षा करेंगे कि ये फूल हमारे गले में है, और सिर पर होता, तो कैसा अच्छा होता?...? कृपा करके कीजिए, साधना कीजिए। और साधना के चमत्कार देखिए। साधना से सिद्धि मिलती है—इस सिद्धान्त को आप...
- भगवान अपेक्षा करेंगे कि ये फूल हमारे गले में हैं, सिर पर होता, तो कैसा अच्छा होता?...? कृपा करके कीजिए, साधना कीजिए। साधना के चमत्कार देखिए। साधना से सिद्धि मिलती है—इस सिद्धान्त को आपको ...
- भगवान अहसान भूलें नहीं किसका?...? हनुमान का। हनुमान को उसने अपने कुटुम्ब का छठा सदस्य बना लिया। आपने राम पंचायतन के चित्र देखें हैं न?...
- भगवान आदर्श की, सिद्धान्तों की, नैतिकता की, मर्यादा की बातें बताकर चला जाता है, लेकिन हम और आप यह सब सुनते हैं क्या?...? हमारे लिए तो भगवान की पूजा करने के लिए ये खेल-खिलौने ही काफी हैं, जो हमने और आपने पकड़ रखे हैं। हमारी...
- भगवान आपका कौन है?...? भगवान आपका ‘ख्वाहमख्वाह’ है। उसके लिए आपका मन कैसे लग सकता है? आपका मन नहीं लग सकता।इसलिए मित्रो! ...
- भगवान आपकी मरजी पर क्यों चलने लगे?...? भगवान के अपने कुछ नीति-नियम हैं, मर्यादा और कायदे हैं। आपकी खुशामद की वजह से आपकी मनोकामना पूरी करने...
- भगवान आपकी मर्जी पर क्यों चलने लगे?...? भगवान के भी कुछ नीति और नियम हैं, कुछ मर्यादा और कायदे हैं।...
- भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के लिए आते हैं कि नहीं?...? ऐसी है साधना, जिसको मैंने किया। मैं चाहता हूँ कि आपमें से हरेक आदमी को उसी तरीके से साधना करनी चाहिए...
- भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के लिए आते हैं कि नहीं?...? ऐसी है साधना, जिसको मैंने किया। मैं चाहता है कि आप में से हरेक आदमी को उसी तरीके से साधना करनी चाहिए...
- भगवान इन्हें तार देते है?...? बिलकुल तार देते हैं। कैसे? तार देने का एक ही तरीका है कि आदमी चौंक पड़ता है और अपनी जिन्दगी की दिशाए...
- भगवान इन्हें तार देते हैं?...? बिलकुल तार देते हैं। कैसे? तार देने का एक ही तरीका है कि आदमी चौंक पड़ता है और अपनी जिन्दगी की दिशाएँ...
- भगवान उनके लिये कुछ सोना-चाँदी लेकर गए?...? हीरा-मोती लेकर गए? कुछ भी नहीं ले गए भगवान।
कहीं भी जाते हैं, तो (उस) मनुष्य की पात्रता को परखने क...
- भगवान उसे कहते हैं, जो हुक्म चलाता है, जो निर्देश देता है और भक्त उसे कहते हैं, जो भगवान के आदेशों को, आदर्शों को स्वीकार करने के लिए अपना कदम आगे बढ़ाता है और तू क्या करता है?...? महाराज जी! हम तो मनोकामना पूरी करा लेना चाहते थे। मनोकामना पूरी कराने की मंशा लेकर के तू गलती करता ह...
- भगवान एक कैसे हो सकता है?...? भगवान तो बहुत सारे हैं। बहुत देवता जरूर हैं हमारे लिए, इनको हमको जमा करना पड़ेगा।...
- भगवान एहसान भूले नहीं - किसका?...? हनुमान का - हनुमान को (उ) उसने अपना छठवाँ कुटुम्ब का सदस्य बना लिया। आपने राम पंचायतन के चित्र देखे ...
- भगवान ऐसा है?...? हाँ भगवान ऐसा है।इसलिए अगर दो बातें आपके ध्यान में बनी रहें कि भगवान हर एक के भीतर जमा हुआ है, इसल...
- भगवान कई बार आदमी की परख करते हैं, परखते रहते हैं और देखते हैं कि आप में शौर्य, साहस, भक्ति और आत्मज्ञान का कुछ माद्दा है या नहीं?...? आप किस तरह के आदमी हैं?गुरुजी! आपके यज्ञ पूरे हो जाएँगे? हाँ बेटे, यज्ञ पूरे हो जाएँगे। कैसे पूरे हो...
- भगवान कहता है कि निकाल तेरे पास कहाँ है?...? हम दोनों अपने-अपने चाकू लिए हुए हैं, तलवार लिए हुए हैं, छुरे लिए हुए बैठे हैं। कब किसका सिर काट डाले...
- भगवान कहाँ मिलेगा?...? बेटे कहीं नहीं मिलेगा! तो भगवान किसी को भी नहीं मिल सकता है? हाँ, भगवान किसी को भी नहीं मिल सकता हैं...
- भगवान कहाँ रहता है?...? भगवान के पास हम किस तरीके से जाएँगे? भगवान में किस तरीके से लय होंगे? भगवान व्यापक है और भगवान विभु ...
- भगवान कहाँ रहते हैं?...? विष्णु भगवान कहाँ रहते हैं? कृष्ण को मरे हुए मुद्दतें हो गईं, तो अब किस तरीके से पाएँ कृष्ण को? कृष्...
- भगवान कहाँ सो गया?...? उन्होंने भगवान विष्णु के सीने पर लात मारी। विष्णु भगवान उठे और उनके पावों को धोया। कहा—गुरुदेव! आपके...
- भगवान कहाँ है, बताइए जरा?...? साहब! भगवान वहाँ मन्दिर में बैठा हुआ है। बेटे! मन्दिर में एक खिलौना रखा है। यह छोटा-सा हिस्सा ही है, स...
- भगवान कहाँ है?...? वह रखा तो है चौकी पर और उसी के पास बैठने को उपासना कहते हैं। नहीं बेटे ! वह भगवान स्थूल है, जो हमारी...
- भगवान कहीं ऐसा होता है?...? भगवान ऐसा होता है, भगवान वैसा होता है। जो भी हो, यह भगवान नहीं हो सकता। कौए ने क्या किया? कौए ने सोच...
- भगवान का अनुग्रह आपको मिल जाएगा?...? मैं सोचता हूँ कि तब भगवान आपको नहीं मिलना चाहिए, क्योंकि आपके अन्दर न करुणा है, न आपके भीतर सदाशयता ह...
- भगवान का अनुग्रह आपको मिल जाएगा?...? मैं सोचता हूँ कि तब भगवान आपको नहीं मिलना चाहिए, क्योंकि आपके अन्दर न करुणा है, न आपके भीतर सदाशयता ह...
- भगवान का अनुग्रह प्राप्त करने के अधिकारी हम कैसे हो सकते हैं?...? मित्रो, ये सारे-के-सारे घटनाक्रम हमारे सामने हैं। आज तक के मेरे जीवन के घटनाक्रम आपके सामने हैं। प्र...
- भगवान का अनुग्रह प्राप्त करने के अधिकारी हम कैसे हो सकते हैं?...? मित्रों, ये सारे के सारे घटनाक्रम हमारे आमने है। आज तक के भी जीवन के घटनाक्रम आपके सामने है। प्राचीन...
- भगवान का क्या काम है?...? भगवान का एक काम है—उसकी दुनिया को सुसंस्कृत और समुन्नत बनाना; उसकी सभ्यता और संस्कृति को बढ़ाना। सभ्य...
- भगवान का क्या काम होता है?...? भगवान का काम यह होता है कि उनने अपनी इस खूबसूरत दुनिया को बनाया और यह उम्मीद की कि हमारा कोई बड़ा बे...
- भगवान का ढकोसला देखना हो तो आप जाइए और देखिए, कैसे-कैसे ढकोसले होते हैं?...? एक दिन भगवान जी शबरी से बात कर रहे थे। शबरी जी! हम बहुत भूखे हैं और हमको आप खाना खिला दीजिए? शबरी ने...
- भगवान का नाम एक घण्टे में कितनी बार ले लिया, माला कितनी बार घुमा ली?...? ये भी बता देंगे। आप जाइये, आप घबराइए नहीं। आपके ऊपर ये जल्दी पड़ी हो कि चिड़िया को पकड़ने के लिए बाजरे ...
- भगवान का नाम?...? हाँ, भगवान का नाम भी लेना चाहिए, पर भगवान का नाम चौबीस घण्टे नहीं लिया जाता। एक घण्टे लो, दो घण्टे लो, ...
- भगवान का पेट कितना बड़ा है, आप जानते हैं?...? भगवान का पेट बहुत बड़ा है। उसमें समुद्र समा गया है, उसमें आप, हम और सारी सृष्टि समा गई है। उसे आप पूर...
- भगवान का भजन करने का मन आपका कहाँ है?...? मन हो तो न, भगवान के भजन में लगे। आपके पास जब मन ही नहीं है, तो भगवान के भजन में कैसे लगेगा। मन तो...
- भगवान का मन क्या है?...? भगवान का मन यह कि वे माँगते हैं। जो कोई भी सामने आता है, हर एक से माँगते हैं। किसको दें किसको नहीं द...
- भगवान का विश्वास, जिसको मैं क्या कहता हूँ?...? ईश्वर की भक्ति कहता हूँ। ईश्वर की भक्ति के दो रूप हैं। पहला वाला रूप यह है जो कि पूजा और पाठ के ...
- भगवान का स्मरण भक्त नहीं करता, पर कब करता है?...? जब वह भगवान का स्वरूप हो जात है, ‘लाली मेरे लाल की जित देखूँ तित लाल। लाली देखन मैं चली, मैं भी हो ग...
- भगवान का स्वरूप कैसा होना चाहिए?...? इस बारे में जानकारी प्राप्त करने के लिए आपको यह जानना होगा कि भगवान सत्, चित् और आनन्द है। प्रकृति...
- भगवान किस तरीके से खुश होते हैं, किस तरह से नाखुश होते हैं?...? इसकी जानकारी भी नहीं है। भगवान से कैसे प्रार्थना की जाए कि हमको बाण-विद्या सिखा दी जाए। एकलव्य ने एक...
- भगवान किस तरीके से दिखाए जाएँगे?...? उन्होंने कहा—‘‘दिव्यं ददामि ते चक्षुः पश्य मे योगमैश्वरम्।’’ मैं तुम्हारे लिए, दूसरी आँखें दूँगा। नय...
- भगवान किस रूप में काम करता है?...? आदर्शों के रूप में। सुप्रीम सत्ता हमारे भीतर किस तरह से काम करती है? आदर्शों के रूप में, आस्थाओं के ...
- भगवान किसके साथ होते हैं?...? उसके साथ होते हैं जो बड़े कामों के लिए समर्पित हो जाते हैं। बड़े कामों के लिए अब हम आप से अलग हो रहे...
- भगवान किसे कहते हैं?...? आदमी के भीतर एक ऐसी प्रेरणा है, जो आदमी को उठा देती है, वही भगवान है। जो व्यापक भगवान है, उसको तो बे...
- भगवान किसे कहते हैं?...? बेटे, उच्चस्तरीय मनुष्यों का नाम भगवान है। एक- एक कला के अवतार हम और आप सब हैं, परन्तु भगवान के अव...
- भगवान किसे कहते हैं?...? भगवान सद्गुणों का, सत्प्रतीकों का, आदर्शों के समुच्चय का नाम है। एक भगवान तो वो है जो सारे विश्व को ...
- भगवान किसे कहते हैं?...? आदमी के भीतर एक ऐसी प्रेरणा है, जो आदमी को उठा देती है, वहीं भगवान है। जो व्यापक भगवान हैं, उसको तो ...
- भगवान किसे कहते हैं?...? सिद्धान्तों को कहते हैं, आदर्शों को कहते हैं। उन खिलौनों को भगवान नहीं कहते हैं, जिनको आपने भगवान मा...
- भगवान किसे कहते हैं?...? भगवान सद्गुणों के, सत्प्रतीकों के, आदर्शों के एक समुच्चय का नाम है। एक भगवान तो वह है, जो कि सारे वि...
- भगवान किसे कहते हैं?...? भगवान कहते हैं—सिद्धान्तों को, आदर्शों को। भगवान व्यक्तियों को नहीं कहते। सबसे बड़ी भूल यहाँ कर डाली ...
- भगवान की (कौन) खुशामद नहीं करते तो क्या देखभाल नहीं करता?...? चिड़ियाएँ कहाँ खुशामद करती हैं? जानवर कहाँ उनकी प्रार्थना, पूजा करते हैं? इतने सृष्टि के जीव-जन्तु है...
- भगवान की इच्छा क्या है?...? समय की माँग क्या है? प्रज्ञावतार की माँग क्या है? आप कान खोल के उसी को सुनिए, और सुनने के बाद में पू...
- भगवान की इच्छा क्या है?...? समय की माँग क्या है? प्रज्ञावतार की माँग क्या है? आप कान खोलकर सुनिये और सुनने के बाद पूरी हिम्मत के...
- भगवान की इनसान से क्या अभिलाषा है?...? भगवान की यह अभिलाषा है कि उसकी सुंदर दुनिया को ज्यादा समुन्नत और ज्यादा शानदार बनाने के लिए उसका बड़...
- भगवान की उपासना व्यक्ति किस कारण करते हैं?...? ७. आस्तिकता की आस्था को परिपक्व करने के लिए किन-किन बातों का आश्रय लिया जाता है? ८. उपासना का क्या अ...
- भगवान की और बिना भगवान की परख हम कैसे करेंगे?...? मुसलमान कहते हैं कि हम कैसे मानें कि वे भगवान थे कि नहीं थे? ईसाई भी नहीं मानते कि रामचन्द्र जी ...
- भगवान की कीमत हम चुका सकते हैं?...? हाँ, आप! भगवान की कीमत चुका सकते हैं। आपके पास इतना धन है कि आप चाहें तो भगवान को मजे में खरीद सकते ...
- भगवान की कृपा जिसके साथ भगवान जुड़ा हुआ हो वे उसके अन्दर कसमसाए रह सकते हैं क्या?...? नहीं रह सकते। यदि उपासना करनी है, भगवान से जुड़ना है, भगवान की जो सम्पत्तियाँ हैं उनके अधिकारी बनना ...
- भगवान की कृपा जिसके साथ हो, जिसके साथ भगवान जुड़ा हुआ हो, उसके अन्दर कषाय-कल्मष रह सकते हैं क्या?...? नहीं, रह सकते।
यदि उपासना करनी है, भगवान से जुड़ना है, भगवान की जो सम्पत्तियाँ हैं, उनके अधिकारी ...
- भगवान की क्या मजाल जो नहीं आएगा, भगवान को आना पड़ेगा?...? मीरा के दरवाजे पर स्वयं भगवान कृष्ण आए थे। आपके पास आएँगे? बेटे! शक है कि आएँगे कि नहीं आएँगे, पर मी...
- भगवान की नाक काट रहा था और ये क्या कर रहा था?...? भगवान की गरदन को ऐसे-ऐसे कर रहा था। मैंने कहा—अरे बाबा! ये तो भगवान हैं और तू भगवान की गरदन को घिस र...
- भगवान की पहचान क्या है?...? खाना सब दिन खाओ और टट्टी न करो। एक महात्मा जी आए, जिन्होंने गोरक्षा आन्दोलन के बारे में अनशन शुरू कर ...
- भगवान की पूजा करने में?...? नहीं, पूजा करने में नहीं। हनुमान के तरीके से सारी जिन्दगी निकाल दी। जिस दिन से हनुमान जी की रामचन्द्...
- भगवान की भक्ति आपके जीवन में कैसी है?...? अपनी जिन्दगी में भगवान की भक्ति उतार कर दिखाइये, फिर हम आपके पीछे पीछे चलेंगे। गाँधी जी ने अपनी जिं...
- भगवान की भक्ति किसे कहते हैं?...? लोग समझ ही नहीं सकेंगे। व्यक्तित्व और चरित्र का विकास-उत्थान करने के लिए कोई रास्ता खुल ही नहीं सकेग...
- भगवान की मदद क्या हो सकती है?...? भगवान कोई व्यक्ति नहीं है, जिसको आप खाना खिलाएँगे, पानी पिलाएँगे, कपड़ा पहनाएँगे। आपके कपड़े की भगवा...
- भगवान की मर्जी तो पूरी कीजिये, फिर देखिये आपको कुछ मिलता है क्या?...? अभी मैंने सुदामा का नाम लिया न आपसे। सुदामा ने अपनी पोटली दे दी थी। पोटली देने के बाद में भगवान ने ज...
- भगवान की सहायता किसको मिली?...? जिनके पास कलेजा और हृदय है। आपके पास हृदय है कहीं? जरा अपनी छाती पर हाथ रखकर देखें।...
- भगवान की साधना क्या थी?...? उन्होंने पहले उनको ये हुक्म दिया था—सीता जी को ढूँढ़ के लाइये। सीताजी को ढूँढ़ के हनुमान जी ले आये और ...
- भगवान की सिद्धि किसे कहते हैं?...? जिसे हम दैवी अनुग्रह कहते हैं। हाँ, दैवी अनुग्रह भी आते हैं। दैवी अनुग्रह हो सकते हैं? हाँ बेटे, दैव...
- भगवान की सिद्धि किसे कहते हैं?...? जिसे हम दैवी अनुग्रह कहते हैं। हाँ, दैवी अनुग्रह भी आते हैं। दैवी अनुग्रह हो सकते हैं? हाँ बेटे, दैव...
- भगवान की सृष्टि का जो क्रम है उस व्यवस्था को आप गलत करना चाहते थे?...? हाँ साहब! यही चाहता था कि कम से कम हमारे लिए भगवान अपने कायदे-कानून, नियम-व्यवस्था सब बिगाड़ दे।...
- भगवान की स्मृति मस्तिष्क में बनी रही तो इस बात पर भी विचार उठना ही चाहिए कि आत्मा का परमात्मा से क्या सम्बन्ध है, उसने हमें किस काम के लिए संसार में भेजा है जीवन का उद्देश्य क्या है, शान्ति ओर प्रगति के लिए ईश्वरीय आज्ञाओं का पालन और मर्यादापरक अनुशासन हमारे लिए क्यों अनिवार्य है?...? ईश्वर को भूले रहने पर इनमें से एक भी प्रश्न मन में नहीं उठता और मनुष्य वासना, तृष्णा के जंजाल में फँ...
- भगवान की हम फूलों की जरूरत पूरी कर रहे हैं?...? भगवान का पेट कितना बड़ा है, आप जानते हैं? भगवान का पेट बहुत बड़ा है। उसमें समुद्र समा गया है, उसमें आप...
- भगवान कृष्ण की लीलाएँ जो हमारे लिए और आपके लिए बिलकुल सामयिक हैं, आधुनिक हैं, अति उत्तम और अति प्राचीनतम भी हैं, वे हमको बताती हैं कि सिद्धान्तों को जीवन में कैसे उतारें?...? उन सिद्धान्तों को अपनाए बिना कोई महापुरुष रहा नहीं। उन सिद्धान्तों को आपके मन में प्रवेश कराने के लिए ...
- भगवान के उद्देश्यों और आदर्शों पर नहीं चलते हैं, तो क्या हुआ?...? अगर कोई यह कहने लगा तो मैं उसे गलतफहमी में पड़ा हुआ आदमी कहने लगूँगा।मित्रो! आप लोग हरेक से कहना कि...
- भगवान के अवतार क्या हैं?...? भगवान के अवतार-हिन्दू धर्म की मान्यता के अनुसार चौबीस अवतार हैं। चौबीस अवतार क्या हैं—गायत्री के 24 ...
- भगवान के इशारे क्या होते हैं?...? हमें पता नहीं, हम तो भगवान को अपने इशारे पर चलाना चाहते हैं। क्या भगवान हमारा नौकर है? साथियो! भगवान...
- भगवान के खजाने को आप जा करके कभी देखें और ये तलाश लें कि सबसे बेहतरीन चीज प्राणियों को देने के लिए इसके पास क्या हो सकती थी?...? तो आपको एक ही बात का पता चलेगा कि भगवान के पास सबसे कीमती दौलत, सबसे कीमती नियामत, सबसे कीमती सम्पदा...
- भगवान के खेत में अपने आप को बोइए फिर देखिए कैसी फसल आती है?...? मक्का का एक दाना खेत में बो देते हैं और उसका पौधा खड़ा हो जाता है, भुट्टे आ जाते हैं और एक-एक भुट्टे ...
- भगवान के तो कितने ही दीपक जलते हैं, उनका सूरज दिन में देखा है न आपने?...? रात को चाँद का दीपक देखा है न? भगवान के यहाँ कोई दीपक की कमी नहीं है। हम भगवान को दीपक नहीं दिखाते ह...
- भगवान के दरबार में सब अपनी-अपनी अर्जियाँ ले करके खड़े थे कि बाप ने उनके साथ बेइंसाफी क्यों की?...? और एक जीव के साथ पक्षपात किया, और उस जीव का नाम है—इनसान।...
- भगवान के पास हम किस तरीके से जाएँगे?...? भगवान में किस तरीके से लय होंगे? भगवान व्यापक है और भगवान विभु है। सबमें समाया हुआ है। उसका दृष्टिको...
- भगवान के बारे में जब लोग मुझसे पूछते हैं कि वह कैसा होता है?...? तो मैं कभी-कभी बुखार का नाम लेता हूँ। बुखार कैसा होता है? उससे पूरे शरीर में गर्मी आ जाती है। बहुत ज...
- भगवान के बारे में लोग पूछते हैं कि कैसे मालूम पड़ता है आपको?...? भगवान जब मेरे पास आता है तो मुझे ऐसा मालूम पड़ता है जैसे कोई नशा छा गया हो। नशा कैसा होता है? नशा बेट...
- भगवान के बेटे के सामने समस्याएँ क्यों?...? साधारणतः आदमी बीमार पड़ जाता है क्यों? जंगलों में घूमने वाले जानवर क्यों बीमार नहीं पड़ते? आदमी और आ...
- भगवान के बेटे को कौन जकड़ेगा?...? बन्धनों में कौन जकड़ सकता है? बन्धनों में जकड़ने के लिए उसका अपना ही अज्ञान, और अपनी ही बेवकूफी, और अप...
- भगवान के माहात्म्य गलत हैं?...? नहीं, बिलकुल सही हैं। भगवान हमेशा आते रहे हैं। उन्होंने कौरवों की सभा में चीर-हरण के समय द्रौपदी की ...
- भगवान के यहाँ गए, तो फिर क्या करना चाहिए ऐसी स्थिति में?...? आपका लगाव जितना ज्यादा होगा, उतने ज्यादा आप कष्ट पाएँगे। आप लगाव को छुटा दीजिए। लगाव ही सबसे ज्यादा ...
- भगवान के यहाँ तो केवल एक ही सवाल-जवाब होता है कि आपने इंसानी जिन्दगी किन-किन कामों में खर्च की, जवाब दीजिए?...? हमने आपको दुनिया को सुन्दर-समुन्नत बनाने के लिए, ऊँचा उठाने के लिए, आदर्शवादी बनने और बनाने के लिए, ...
- भगवान के यहाँ से हम किस काम के लिए आये हैं और किस काम के लिए जाना पड़ेगा?...? लेकिन यह चालाक और बेईमान मन न जाने क्या पट्टी पढ़ा देता है। ये यों कह देता है कि भगवान की धूपबत्ती जल...
- भगवान के रास्ते पर चलने वाले प्रत्येक व्यक्ति के जीवन को हम देखते हैं और यह मालूम करने की कोशिश करते हैं कि आखिर भगवान के भक्तों को माला घुमाने के सिवाय भी कुछ काम करना पड़ा है क्या?...? नाक से प्राणायाम करने, तिलक लगाने के अलावा भी कुछ करना पड़ा है क्या? नहीं बेटे, कुछ और भी करना पड़ा ...
- भगवान के रास्ते पर चलने वाले प्रत्येक व्यक्ति के जीवन को हम देखते हैं और यह मालूम करने की कोशिश करते हैं कि आखिर भगवान के भक्तों को माला घुमाने के सिवाय भी कुछ काम करना पड़ा है क्या?...? नाक से प्राणायाम करने, तिलक लगाने के अलावा भी कुछ करना पड़ा है क्या? नहीं बेटे, कुछ और भी करना पड़ा ...
- भगवान के लिए और क्या-क्या करना पड़ता है?...? धूप देते हैं, नैवेद्य देते हैं, दीपक जलाते हैं। दीपक से क्या अर्थ होता है? दीपक से आप यह मत सोचिए कि...
- भगवान के साथ योग करने से पहले क्या करना चाहिए?...? इससे पहले योग करना मैं सिखाऊँगा। किसके साथ योग किया जाता है? यह बताने से पहले मुझे यह समझाना होगा कि...
- भगवान के साथ योग साधने के लिए भगवान के साथ क्या करना पड़ेगा?...? बेटे, मिलना पड़ेगा, घुलना पड़ेगा। जब दोनों आपस में मिल जाते हैं, घुल जाते हैं, तो दोनों की स्थिति और...
- भगवान के साथ, भगवान कौन?...? भगवान आप ये मान के चल सकते हैं कि एक बहुत बड़ा (एक) बिजलीघर है, जिसके साथ-साथ में बल्ब लगे रहते हैं, ...
- भगवान कैसा हो सकता है और भगवान को कैसा होना चाहिए?...? इसका एक मूर्तिमान नमूना बना करके भगवान ने अपना साकार नमूना छोड़ा है और वह है—इंसान।
इंसान के भीतर ...
- भगवान कैसा होता है?...? आत्मीयता आप जिसके ऊपर आरोपित कर लेते हैं, वही आपके आनन्द का माध्यम बन जाता है। भगवान के ऊपर आप अपनेपन...
- भगवान कैसा होना चाहिए?...? इसके लिए मैनें दो शब्दों का इस्तेमाल किया है और वो शब्द मुझे बहुत प्यारे हैं। कौन-कौन से वो शब्द हैं...
- भगवान कैसे मिल गया होता?...? ईसामसीह से एक आदमी ने पूछा—‘‘आपने भगवान को देखा है?’’ उन्होंने कहा—हाँ, हमने देखा है। आप हमको दिखा स...
- भगवान कैसे हैं?...? भगवान कैसे हो सकते हैं? भगवान दिखाई तो नहीं पड़ते। भगवान को हम कहाँ ढूँढ़ने जाएँ! भगवान को हम किस तर...
- भगवान कैसे हैं?...? भगवान कैसे हो सकते हैं? भगवान दिखाई तो नहीं पड़ते। भगवान को हम कहाँ ढूँढ़ने जाएँ! भगवान को हम किस तरी...
- भगवान कैसे हो सकते हैं?...? भगवान दिखाई तो नहीं पड़ते। भगवान को हम कहाँ ढूँढ़ने जाएँ! भगवान को हम किस तरीके से देख पाएँ? भगवान क...
- भगवान कैसे हो सकते हैं?...? भगवान दिखाई तो नहीं पड़ते। भगवान को हम कहाँ ढूँढ़ने जाएँ! भगवान को हम किस तरीके से देख पाएँ? भगवान को...
- भगवान को हमारी शरण में आना चाहिए?...? नहीं बेटे, भगवान को आपकी शरण में नहीं आना चाहिए, वरन् आपको भगवान की शरण में जाना चाहिए। आप मानिए भ...
- भगवान को अपने घर में बुलाने का मन है, तो आप सफाई नहीं करेंगे क्या?...? शादी जब घर में होती है, तो घर की सफाई आप करते हैं कि नहीं? या घर को ऐसे ही गन्दा पड़ा रहने देते हैं। ...
- भगवान को आप क्या समझते हैं कि वे बाँटते फिरते हैं?...? बाँटते तो हैं, पर उससे पहले वे माँगते फिरते हैं। भगवान की इच्छा माँगने की है। भगवान शबरी के दरवाजे प...
- भगवान को इतनी जगह की क्या जरूरत है?...? भगवान को चाहो तो एक कोने में बिठा दो, तो भी वे मौज करेंगे। भगवान को इतने बड़े भव्य निर्माण से क्या ल...
- भगवान को इतनी जगह की क्या जरूरत है?...? भगवान को चाहो, तो एक कोने में बिठा दो, तो भी वे मौज करेंगे। भगवान को इतने बड़े भव्य निर्माण से क्या ...
- भगवान को इतने बड़े भव्य निर्माण से क्या लेना-देना?...? उनके लिए तो इतना बड़ा आसमान विद्यमान है।...
- भगवान को इतने बड़े भव्य निर्माण से क्या लेना-देना?...? उनके लिए तो इतना बड़ा आसमान विद्यमान है।...
- भगवान को कहाँ से लाये?...? भगवान् को कहाँ से पायें? इसीलिये, जिसके प्रति, जिसको हम मान लेते हैं कि हमारे जीवन में यह श्रेष्ठ व्...
- भगवान को क्या अर्थ मालूम?...? जो हम कह देंगे, सोई समझ जाएगा। नहीं बेटे! भगवान बहुत अकलमंद आदमी का नाम है। जो आप जीभ से कहते हैं, ...
- भगवान को क्या खरीदा जा सकता है?...? हाँ, भगवान को खरीदा जा सकता है, यदि भक्त में वे भावनाएँ हों, वे निष्ठाएँ हों और वह श्रद्धा का बीज हो...
- भगवान को क्या चापलूसी पसन्द है?...? भगवान् कोई रिश्वतखोर है कि आपकी चापलूसी सुनते रहें और आप पर अनुग्रह कर दें? नहीं, भगवान् के यहाँ कसौ...
- भगवान को क्या पसन्द है?...? उसके सारे के सारे कायदे- कानून एक बात पर टिके हुए हैं और उसका नाम है- न्याय। खुशामद पर टिके हुए नह...
- भगवान को क्यों लपेट में लेना चाहते हैं?...? बेकार में भगवान को भी नरक में डालता है, भगवान को भी लोभ में डालता है, भगवान को भी मोह में डालता है, ...
- भगवान को छुए आदमी तब?...? तब फिर सोने का हो जाएगा, लोहे का नहीं रहेगा, घटिया नहीं रहेगा, बल्कि महान बन जाएगा। ठीक इसी प्रकार स...
- भगवान को जब देखा नहीं, तो हम उससे बात कैसे कर सकते हैं?...? इसलिए हमने अपनी श्रद्धा का एक केन्द्रबिंदु बना रखा है और वो है—हमारा 'बॉस,' अपना 'मास्टर'। जब पत्थर क...
- भगवान को जब हम माता के भाव से मानते हैं तो क्या देते हैं भगवान हमको?...? स्नेह देते हैं, हमको करुणा देते हैं, हमको दयालुता देते हैं और हमको श्रद्धा देते हैं।
निराकार...
- भगवान को जब हम माता के भाव से मानते हैं तो क्या देते हैं भगवान हमको?...? स्नेह देते हैं, हमको करुणा देते हैं, हमको दयालुता देते हैं और हमको श्रद्धा देते हैं। निराकार ध्यान ऐ...
- भगवान को दिया जाता है कि लिया जाता है?...? नहीं साहब! भगवान जी के पास जाऊँगा और लेकर आऊँगा। क्या लेकर आएगा? साड़ी लेकर आऊँगा, धोती लेकर आऊँगा, ...
- भगवान को पाने के लिए क्या करना चाहिए?...? कुछ नहीं करना चाहिए। तप करना चाहिए? हाँ, तप कर सकते हैं। तप कैसे कर सकते हैं। तप करने का मतलब ब्लै...
- भगवान को पुकारना—याद करना, जिसको हमने भुला दिया है; जिसको हम पुकारते हैं—आप आइये और हमारा उद्धार कीजिये—यह ज्ञान वाला भाग हुआ और विज्ञान वाला भाग हुआ?...? हम अपने भीतर मन्थन पैदा करते हैं, गति पैदा करते हैं, शक्ति पैदा करते हैं और सेण्ट्रीफ्यूगल फोर्स पैद...
- भगवान को फल खिलाती है या छिलके खिलाती है?...? भगवान ने कहा- विदुर जी! आप हमारे और अपनी धर्मपत्नी के बीच में न बोलें। यहाँ मोहब्बत खायी जा रही है...
- भगवान को भक्त बहुत प्यारा होता है, प्राणों से भी ज्यादा, बशर्ते जब उसका समर्पित जीवन होता है, समर्पित जीवन नहीं होता तो वह भक्त कैसे हो सकता है?...? भक्त वह होता है, जैसे एक था सेठ, एक था ब्राह्मण। ब्राह्मण के कुछ रुपए उस सेठ पर बकाया थे। ब्राह्मण न...
- भगवान को भौतिक बनाने से क्या मतलब है?...? भौतिक से मतलब यह है कि एक इनसान एक आदमी जैसा होता है, भगवान का स्वरूप भी एक आदमी जैसा बना दिया गया। ...
- भगवान को हम किस तरीके से देख पाएँ?...? भगवान को देखने की मनुष्य की इस इच्छा का समाधान ऋग्वेद के इस पहले वाले मंत्र में किया गया है। जब हम भ...
- भगवान को हम क्या करें?...? देते तो बहुत हैं लेकिन वो उस परीक्षा के बिना कहाँ देते हैं।
आपको याद है न। सुदामा जी एक बार माँगने...
- भगवान को हमने देखा नहीं है और कभी-कभी मन कच्चा हो जाता है कि भगवान न हुआ तो?...? भगवान को जब देखा नहीं, तो हम उससे बात कैसे कर सकते हैं? इसलिए हमने अपनी श्रद्धा का एक केन्द्रबिंदु बन...
- भगवान कोई चापलूसी पसन्द हैं?...? भगवान कोई रिश्वत खोर हैं कि आपकी चापलूसी सुनते रहें और आपका अनुग्रह कर दें। नहीं, भगवान के यहाँ (की)...
- भगवान कौन सा बनिया है?...? देख बेटे! भगवान-पोरवाल, पालीवाल, खंडेलवाल, अग्रवाल, जायसवाल, इन्हीं में से है। है तो बनिया और व्यापा...
- भगवान कौन सी जाति का है, मालूम है आपको?...? ये कौन हैं? ब्राह्मण, ठाकुर, बनिया, कायस्थ कौन हैं? आपको मालूम नहीं, हमको मालूम है। आपको कैसे मालूम ...
- भगवान क्या इनसान के रूप में आएँगे?...? नहीं, इनसान के रूप में नहीं, मच्छर के रूप में आएँगे, क्योंकि यह जीव, यह प्राणी जिस स्तर का है, उसी स...
- भगवान क्या इनसान के रूप में आएँगे?...? नहीं, इनसान रूप में नहीं, मच्छर के रूप में आएँगे, क्योंकि यह जीव, यह प्राणी जिस स्तर का है, उसी स्तर...
- भगवान क्या करेंगे फूल का?...? चन्दन-सी सुगन्धि एवं प्रकाशवान जीवन
मित्रो ! भगवान जी को चन्दन हम इसलिए लगाते हैं कि हमारी जिंद...
- भगवान क्या चाहते हैं?...? सिर्फ एक ही चीज चाहते हैं कि उस भगवान की दुनिया को सुंदर और समुन्नत बनाने के लिए, खुशबूदार बनाने क...
- भगवान क्या चीज है?...? भगवान को मैं दो हिस्सों में बाँट देता हूँ। एक है—ब्रह्म। ब्रह्म किसे कहते हैं? ब्रह्म उसे कहते हैं ज...
- भगवान क्या है?...? ‘‘रसो वै सः।’’ भगवान प्यार है। प्यार कैसा होता है? प्यार ऐसा होता है, जो भगवान से शुरू किया जाता ह...
- भगवान क्या है?...? भगवान मित्रो! प्रतिध्वनि है और प्रतिच्छाया है। भगवान और कुछ नहीं है, वह प्रतिध्वनि और प्रतिच्छाया है...
- भगवान क्या है?...? भगवान, मित्रो! प्रतिध्वनि है और प्रतिच्छाया है। भगवान और कुछ नहीं है, वह प्रतिध्वनि और प्रतिच्छाया ह...
- भगवान क्या है?...? भगवान एक करेंट है। तो क्या होगा? तो वह करेंट आपको भी पकड़ लेता है। फिर क्या होगा? भगवान की जो गरमी ह...
- भगवान क्या है?...? रस है। रस किसे कहते है? रस, आनन्द को कहते हैं। आनन्द कहाँ है? भगवान में है। भगवान कैसा होता है? आत्मीय...
- भगवान क्या है?...? वह एक कायदा है, कानून है—एक नियम है। खुशामद से वह बिल्कुल दूर है। उसके यहाँ न पूजा करने वालों के लिए...
- भगवान क्या हो सकता है?...? भगवान क्या होना चाहिए? भगवान का स्वरूप कैसा होना चाहिए? इस बारे में जानकारी प्राप्त करने के लिए आप...
- भगवान क्या होता है?...? मनुष्य होता है? कोई मनुष्य नहीं है भगवान। ये क्या है? श्रेष्ठ वृत्तियों के लिए, सत्कर्मों के लिए, सत...
- भगवान क्या होना चाहिए?...? भगवान का स्वरूप कैसा होना चाहिए? इस बारे में जानकारी प्राप्त करने के लिए आपको यह जानना होगा कि भगव...
- भगवान क्यों पूरी करेंगे आपकी मनोकामना?...? आप कौन हैं? जरा आप शीशे में मुँह देख करके आइए। किसके लिए पूरी कराना चाहते हैं? हवस पूरी करने के लिए,...
- भगवान क्यों मरेगा और इनसान क्यों मरेगा?...? इनसान-इनसान को देखकर आकर्षित होता है और भगवान-भगवान को देख करके आकर्षित होता है। श्रेष्ठता को देख कर...
- भगवान जहाँ कहीं भी अपना अंश देता है, विभूति देता है, उसके अन्दर चमक होती है, लगन होती है, उसके अन्दर तड़प होती है और मुरदे?...? मुरदे हमारे और आपके जैसे होते हैं। साँस लिया करते हैं। भगवान की जब पूजा करते हैं, तो भी ऐसे-ऐसे सिर ...
- भगवान जहाँ रहते हैं, वहाँ आपकी अगरबत्ती का धुआँ कैसे पहुँच सकता है?...? वहाँ तो केवल आपकी जिन्दगी की महक ही पहुँच सकती है।
इसी तरह दीपक जलाने का मतलब मैंने कई बार आप...
- भगवान जी कहीं इंग्लैण्ड में भी स्नान करते हैं क्या?...? वहाँ, जहाँ उत्तरी ध्रुव में तो-‘‘कै नहाबै पंचमाई। कै नहाबै दाई-माई।’’ वहाँ तो केवल जन्म के समय या मृ...
- भगवान जी का और किसका?...? साईं बाबा का और किसका आचार्य जी का हर एक का जँवाई बनना चाहिए। चल बदमाश कहीं का दरिद्र और भिखमंगे पहल...
- भगवान जी के यहाँ देने के लिए जाते हैं कि लेने के लिए जाते हैं?...? नहीं साहब! लाऊँगा। नहीं बेटे! लाने के लिए हम भगवान जी के पास नहीं जाते। लाने के लिए अपनी कलाइयों के ...
- भगवान जी कैसे पार लगा देंगे?...? वे पार लगा देंगे। जब युधिष्ठिर सहित पाँचों, पाण्डव हिमालय पर गलने के लिए गए, तो उनमें से चार तो गल ग...
- भगवान जी को क्या देना चाहिए?...? तब हम आपसे कहते कि आप जवान आदमी हैं। बेटे! हम जवान आदमी हैं और हमेशा अपने गुरु से पूछते रहते हैं कि ...
- भगवान जी घोड़े की तरह हैं?...? घोड़े के बराबर नहीं हैं। घोड़े से कम है। घोड़े को कितना बाल्टी में नहलाएँगे? घोड़े को तो बेटे! दस बाल्टी...
- भगवान जी तो बहुत बड़े हैं?...? हाँ महाराज जी! हमसे तो चौगुने, सौगुने बड़े हो सकते हैं। फिर उन्हें तो पीछे नहलाना, पहले तू एक चम्मच ...
- भगवान जी ने पता लगाया कि जब हाईकोर्ट में मुकदमा चलाया जाएगा, तब क्या होगा?...?...
- भगवान जी वैसे तो समझते हैं कि आदमी जबान से क्या क्या बकवास कर लेता है?...? अब चलिए मैं आपके मंत्रों को बकवास कहता हूँ। जीभ की नोंक से आप क्या बक बक मचाते रहते हैं? उससे भगवान ...
- भगवान जो चाहते हैं, उस काम को करने के लिए हमारी आगे वाली लाइन पर चलने वाले मार्गदर्शक हमको कहाँ लेकर चलना चाहते हैं?...? वहाँ हमको चलना चाहिए कि नहीं, यह आपको विचार करना पड़ेगा अगर आपके पास ईमान हो तो, भगवान हो तो। अगर...
- भगवान झूठा है कि सच्चा है?...? भगवान सच्चा है। और कैसा है? कैसा देखा है आपने? भगवान को हमने प्रतिच्छाया के रूप में और प्रतिध्वनि के...
- भगवान तक हमारी कौन सी बात पहुँच सकती है?...? वह केवल विचारणात्मक हो सकती है, भावनात्मक हो सकती है। इस सिद्धान्त को आप जान लीजिए। योग माने भग...
- भगवान तो बहुत कार्यव्यस्त हैं, उनके पास बैठे भी रहे तो क्या लाभ?...? यदि उनमें घुल जायें तो अस्तित्व ही समाप्त हुआ। ऐसा आत्म-नाश ही यदि मुक्ति कहलाता है तो उसे कोई क्यों...
- भगवान तो लाखों- करोड़ों कि०मी० दूर रहता है?...? नहीं बेटे, करोड़ों कि०मी० दूर नहीं रहता। वह हमारे हृदय की धड़कन में रहता है, लपडप के रूप में हमारी सा...
- भगवान था, स्वामी था, सेवक था, सच-सच बता दीजिए?...? यह था मीरा का बेटा। उसने अपनी श्रद्धा के आधार पर उसे पैदा किया था। पत्थर के टुकड़े में मीरा ने एक पर...
- भगवान दया कैसे करता है?...? मरघट में जाइए, श्मशान में जाइए। अस्पताल में जाइए न आप, बीमारों को देखिए न आप। भगवान दयालु हैं, भक्तव...
- भगवान न करे कहीं आपको लड़की बना दिया जाए और आपकी बहिन को लड़का बना दिया जाए तथा घर में भैंस का दूध आये और आपको न दिया जाए तो आपकी क्या मनःस्थिति होगी?...? जरा सोचने का प्रयास करें कि अगर आपकी मम्मी यह कहें कि लड़कियाँ दूध नहीं पीती हैं, अगर वे दूध पी लेंगी...
- भगवान ने आपको दिया क्या नहीं है?...? भगवान् ने आपको हर चीज दी हुई है। आपने देखा नहीं है? मालूम नहीं किया है? अनदेखी चीज को देख लें। सोई ह...
- भगवान ने इतनी बड़ी अमानत जो हमको दी है, उसका क्या होगा?...? शरीर के रूप में, मस्तिष्क के रूप में भगवान ने तो दिया-ही-दिया है। फिर और कौन-सी चीज रह गई? जिसको कि ...
- भगवान ने ऐसा पक्षपात क्यों किया कि अन्य प्राणी जिन सुविधाओं से वंचित रहे उन्हें मात्र मनुष्य को दिया गया?...? मोटी दृष्टि से यह अन्याय या पक्षपात समझा जा सकता है किन्तु वास्तविकता कुछ दूसरी ही है। जीवों में से ...
- भगवान ने कर दिया क्या?...? नहीं, भगवान ने नहीं, भाग्य ने कर दिया क्या? नहीं, भाग्य ने भी नहीं किया। पर किसी और आदमी ने किया। कि...
- भगवान ने कर दिया क्या?...? नहीं। तो फिर भाग्य ने किया क्या? नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा। नहीं, किसी ने भी नहीं किया। उन...
- भगवान ने कर दिया क्या?...? नहीं, तो फिर भाग्य ने किया क्या? नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा? नहीं, किसी ने भी नहीं किया। उन...
- भगवान ने कहा कि मैंने इंसान को जो चीजें दी हैं, क्या उसके लिए हैं?...? उसको जो वर्चस दिया गया है, जो सम्पदाएँ दी हैं, वे खास मतलब के लिए दी हैं और वह मतलब है—इस सारे संसार...
- भगवान ने कहा विदुर आप नहीं जानते मैं क्या खाया करता हूँ और मुझे क्या खिलाया जाता है?...? केवल प्यार खाता हूँ। न मैं मिठाई खाता हूँ न अमुक चीज खाता हूँ। जिसको भक्ति आप कहते हैं, प्यार कहते ह...
- भगवान ने कहा-'' भक्त और मनोकामना?...? यह संगति कैसे आ गई नारद? दुनिया में दो ही मनोकामनाएँ हैं-एक कामिनी, दूसरी कांचन। तीसरी और कोई मनोकाम...
- भगवान ने कहा—"भक्त और मनोकामना?...? यह संगति कैसे आ गई नारद? दुनिया में दो ही मनोकामनाएँ हैं—एक कामिनी, दूसरी कांचन। तीसरी और कोई मनोकाम...
- भगवान ने कहा—अब बताइए कि मेरा पक्षपात किसके साथ है?...? मनुष्य ने कहा—हाथी के साथ। हाथी ने कहा-मनुष्य के साथ। बहस होती रही।
विश्वमानवता के लिए मिलता है ...
- भगवान ने कहा—इन आँखों से तू दर्शन कैसे करेगा?...? अर्जुन ने कहा—इन आँखों से ही करना चाहता हूँ। भगवान ने सिर हिलाया और कहा—ऐसा नहीं हो सकता? चमड़े वाली ...
- भगवान ने कहा—क्यों नहीं जरूरत है?...? समाज के लिए—देश के लिए क्यों नहीं जरूरत है। दुनिया में जो तहस-नहस मचा हुआ है, विष फैला हुआ है, उसके ...
- भगवान ने कहा—मुझे ऐसे नहीं खिलाया जाता, तो कैसे खिलाया जाता है?...? उन्होंने कहा—मुझे हृदय में खिलाया जाता है, मुझे मस्तिष्क में खिलाया जाता है, मुझे भावना में खिलाया ज...
- भगवान ने कहा—मैं आपको चार-पाँच मन खाना दिया करता हूँ?...? उसने कहा—हाँ आप हमें चार-पाँच मन खाना रोज देते हैं।
भगवान ने जिरह में कहा कि आप बताइए, मैंने कभी...
- भगवान ने कहा—‘‘अच्छा तो बताइए, वह जगह कहाँ है?...? ’’ नारद जी भगवान के कान के पास मुँह ले गए और चुपके से कहा—‘‘किसी को बताना मत।’’ उन्होंने कहा—‘‘वह जग...
- भगवान ने किस काम के लिए जन्म दिया है?...? भगवान ने किसी मकसद के लिए जन्म दिया है कि आदमी को हैवान नहीं रहना चाहिए, इनसान बनना चाहिए। इसके लिए ...
- भगवान ने जब हमको इतना बड़ा शरीर दे दिया है, जिस पर करोड़ों रुपये की सम्पत्ति निछावर की जा सकती है तो हमको क्या चाहिए?...? कुछ नहीं चाहिए!
दया माँगें, करुणा माँगें
भगवान हमको चाहिए, तो एक चीज चाहिए, वह चाहिए करुणा, वह च...
- भगवान ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं?...? मित्रो, ! भगवान तो हृदय में, घट-घट में समाया हुआ है और वह मनुष्य के द्वारा अच्छी वृत्तियों को पूरा क...
- भगवान ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं?...? मित्रो! भगवान तो हृदय में, घट-घट में समाया हुआ है और वह मनुष्य के द्वारा अच्छी वृत्तियों को पूरा किय...
- भगवान ने शरीर रूप में जन्म दिया है तो उसने न जाने क्या-क्या तमन्नाएँ की होंगी?...? भगवान के हाथ नहीं हैं, भगवान के पाँव नहीं हैं, भगवान के आँखें नहीं हैं।...
- भगवान ने सिर हिलाया और कहा—ऐसा नहीं हो सकता?...? चमड़े वाली आँख से, चमड़े की चीजें दिखाई जा सकती हैं। पंचतत्त्वों से बनी चीजें दिखाई जा सकती हैं। खिलौन...
- भगवान ने हमको भेजा है आखिर किस उद्देश्य के लिए, किस कार्य के लिए भेजा है?...? यह भूल जाते हैं। उन्होंने उसे गाँठ बाँधकर रक्खा कि मुझको जो भेजा है आखिर किस उद्देश्य के लिए किसी वि...
- भगवान पर अगर हमारा विश्वास हो, तो हमको डरने की क्या जरूरत है?...? रोटी के लिए बेईमानी करने की क्या जरूरत है?
ऊँचे उद्देश्यों के लिए है मनुष्य का जीवन
मित्रो! मन...
- भगवान पर कहीं है आपका विश्वास?...? कहीं नहीं है। स्वार्थ पर टिकी भक्ति नहीं मित्रो! आप तो जायका चाहते फिरते रहते हैं। यहाँ से चाटने को ...
- भगवान पर क्या चन्दन चढ़ाएँगे, चावल चढ़ाएँगे, स्नान कराएँगे?...? भगवान पर रहम कीजिए। पहले अपनी गन्दगी धोइए, अपने को स्नान कराइए। अपना तो कराते नहीं हैं स्नान, भगवान क...
- भगवान बनाया गया?...? हाँ, भगवान बनाया गया है। एक भगवान तो वो है, जो सारी दुनिया में छाया हुआ है और उस भगवान को हम नहीं सम...
- भगवान बुद्ध का नाम सुना है न?...? भगवान बुद्ध में क्या विशेषता थी? भगवान से उनको क्या वरदान मिला? उनको क्या विशेष संपदा मिली? आप उनके ...
- भगवान बुद्ध की श्रद्धा जगी तो उन्होंने अपने लिये रास्ता तय कर लिया कि क्या करना चाहिए?...? श्रद्धा की बड़ी शक्ति है।...
- भगवान बुद्ध ने जो धर्म- प्रवर्तन चलाया था, सो अकेले ही चला लिया था क्या?...? नहीं! अकेले नहीं, बौद्ध- भिक्षु सबने मिलकर चलाया था। गाँधीजी ने सत्याग्रह किया था और स्वराज्य को यहा...
- भगवान बुद्ध मर गए?...? नहीं, वे नहीं मरे। वे अमर हो गए। कैसे व्यक्ति अमर होते हैं? ऐसे व्यक्ति जिनके अन्दर शालीनता पैदा हो ज...
- भगवान बुद्ध में क्या विशेषता थी?...? भगवान से उनको क्या वरदान मिला? उनको क्या विशेष संपदा मिली? आप उनके जीवन को पढ़िये। जिस बोधिवृक्ष पेड़ ...
- भगवान बुद्ध में क्या विशेषता हुईघ?...? भगवान से क्या वरदान मिला? उनको क्या विशेष सम्पदा मिली? आप उनके जीवन को पढ़िए। बोधिवृक्ष के नीचे, एक प...
- भगवान बुद्ध से एक शिष्य यह पूछने लगे कि ये बताइए कि महामानव कैसे बन जाते हैं और छोटे से छोटा व्यक्ति महान कार्य कैसे कर लेता है?...? बड़े से बड़ा व्यक्ति क्यों नहीं कर पाता? इसमें लखपति, करोड़पति, राजा, महाराजा और बड़े-बड़े अधिकारी ह...
- भगवान बुद्ध से जब पूछा गया कि क्या आप स्वर्ग जाएँगे?...? उन्होंने कहा नहीं, मुझे स्वर्ग जाने की जरूरत नहीं है। स्वर्ग में जो आनन्द है, उससे हजार गुना आनन्द व...
- भगवान बोले—बेटा तुझे क्या चाहिए?...? उसने कहा—आप बस यही वरदान दीजिए कि जैसी मेरी माँ पहले थी, वैसी ही हो जाए। अच्छा चल! और जल छिड़क दिया,...
- भगवान भी देगा, तो कितना देगा?...? आपके श्रम के हिसाब से जो मिल सकता है, वो चीज ऐसी है, जो आपके काम की है और आपके लिए पर्याप्त है। अभी ...
- भगवान भी यदि ऐसा करेंगे, सिद्ध पुरुष भी यदि इतने ओछे सिद्ध होंगे, तो फिर न्याय-नीति की रक्षा कौन करेगा?...? औचित्य को संरक्षण कहाँ मिलेगा? यदि रिश्वत और चापलूसी भगवान को भी वशवर्ती कर सकती है; न्याय की, पात्र...
- भगवान मनुष्य की सहायता नहीं करता है क्या?...? हाँ, करता है। भगवान ने सहायता की थी एक छोटे से नाचीज जानवर की। एक हाथी जोर से एक बार चिल्लाया। उ...
- भगवान मर गए?...? 'नहीं', भगवान नहीं मरे। उनकी शकल नहीं दिखाई पड़ती, इसलिए आप समझते हैं कि वे मर गए। मरने का शकल से को...
- भगवान मालिक है या आप मालिक हैं?...? नहीं, आप मालिक हैं और भगवान नौकर है, क्योंकि आपने उसको मिठाई खिला दी है। अतः आपको उसकी कीमत भगवान ...
- भगवान में कहाँ से मिलेगा?...? शरीर तो जड़ है। जड़ पेड़ में मिल जाएगी। जड़ का संशोधन आप करते हुए चले जाइए। मान लीजिए कि आपने आँखों ...
- भगवान में किस तरीके से लय होंगे?...? भगवान व्यापक है और भगवान विभु है। सबमें समाया हुआ है। उसका दृष्टिकोण बड़ा विशाल है। स्वयं के लिए कुछ...
- भगवान में किस तरीके से लय होना होगा?...? भगवान कहाँ रहता है? भगवान के पास हम किस तरीके से जाएँगे? भगवान में किस तरीके से लय होंगे? भगवान व्या...
- भगवान यह भी जानता है, इनको कैसे जलाया जाना चाहिए और यह भी जानता है कि इनको अनुदान कैसे दिया जाना चाहिए?...? प्यार कैसे किया जाना चाहिए? दोनों ही हाथ भगवान के हैं। उसके एक हाथ में दण्ड है और एक हाथ में कमल का ...
- भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विरोध करेंगे?...? निंदा करेंगे क्या? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए। साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उसे...
- भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण, जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विरोध करेंगे?...? निंदा करेंगे क्या? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए।
साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा ...
- भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण, जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विरोध करेंगे?...? निंदा करेंगे क्या? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए।साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उसे ...
- भगवान राम के पुजारी कौन थे?...? हनुमान जी थे। अतः कुछ इस तरह का पुजारी हो, तो कुछ बात भी बने। इसी तरह के पुजारी समर्थ गुरु रामदास ने...
- भगवान राम के समय में क्या भगवान राम ने अकेले काम किया था?...? नहीं, बेटे! अकेले ने काम नहीं किया था। उनके साथ रीछ और वानर थे। रीछ और वानर कौन थे? वे देवता थे और उ...
- भगवान राम को हम श्रेय देते हैं, परन्तु क्या अकेले राम की बात थी?...? केवट, भील से लेकर गिलहरी तक, गीध से लेकर रीछ, वानरों तक—सबके भीतर एक उमंग थी कि हम सृष्टि का सन्तुलन ...
- भगवान राम कौन थे?...? भगवान राम का सारा जीवन यज्ञ के लिए व्यतीत हो गया। यज्ञ से ही वे पैदा हुए और यज्ञ में ही समा गए। कैसे...
- भगवान राम जब लंका विजय करके घर आए तब गुरु वशिष्ठ से पूछा—अब क्या करना चाहिए?...? उन्होंने कहा—राम! अभी तो स्थूल शरीर वाला रावण मारा है, पर सूक्ष्म रावण जिन्दा है जो आकाश में फैला हुआ...
- भगवान शंकर का अवतार बनने का मौका नहीं मिलता तब?...? लक्ष्मण जी ने मेघनाद को मारा था। मेघनाद को यह वरदान मिला था कि उसे वही आदमी मार सकता है, जिसने चौदह ...
- भगवान शंकर की ऐसी महत्ता और ऐसी शक्ति का वर्णन पुराणों में पाया गया है, पर आज हम देखते हैं कि वह शक्ति कुण्ठित कैसे हो गई?...? हम शंकर को पूजा करते हैं, पर समस्याओं से घिरे हुए क्यों हैं? शंकर की शक्ति वरदान हो करके सामने क्यों...
- भगवान शंकर की ऐसी महत्ता और ऐसी शक्ति का वर्णन पुराणों में पाया गया है, पर आज हम देखते हैं कि वह शक्ति कुण्ठित कैसे हो गई?...? हम शंकर की पूजा करते हैं, पर समस्याओं से घिरे हुए क्यों हैं? शंकर की शक्ति वरदान हो करके सामने क्यों...
- भगवान श्रीकृष्ण ने पूछा कि क्या बात है?...? उसने कहा कि यह यज्ञ उतना शानदार नहीं है। उन्होंने कहा कि कैसा शानदार? नेवले ने बताया कि एक यज्ञ ऐसा ...
- भगवान से आप माँगते फिरेंगे, क्यों माँगेंगे?...? आप भगवान से? भगवान ने आपको दिया क्या नहीं है? भगवान् ने आपको हर चीज दी हुई है। आपने देखा नहीं है? मा...
- भगवान से आपको क्या मतलब है?...? नहीं साहब! हम तो भगवान जी से माँगेंगे, सिद्धपुरुष से माँगेंगे। हाँ, सिद्धपुरुष और महात्मा भी दे सकते...
- भगवान से उनको क्या वरदान मिला?...? उनको क्या विशेष संपदा मिली? आप उनके जीवन को पढ़िये। जिस बोधिवृक्ष पेड़ के नीचे उन्होंने तप किया था, वह...
- भगवान से उसने कहा आपने मुझे इतना बड़ा काम सौंपा, मैं किस तरीके से काम करूँगा?...? मेरे पास रुपया-पैसा कहाँ हैं और मेरे पास साधन कहाँ हैं? भगवान ने कहा—चल आगे-आगे और मैं आया रुपया ले ...
- भगवान से कम है तो फिर बुद्ध को भगवान क्यों कहा है?...? राम को भगवान क्यों कहते हैं? कृष्ण को भगवान क्यों कहते हैं?
बेटे! इसलिए कहते हैं कि अपने स्वार्थ ...
- भगवान से क्या मतलब है?...? भगवान कोई व्यक्ति नहीं होता। आप फिर ध्यान रखिये कि भगवान कोई व्यक्ति नहीं है। नहीं साहब! महादेव ...
- भगवान से क्या वरदान मिला?...? उनको क्या विशेष सम्पदा मिली? आप उनके जीवन को पढ़िए। बोधिवृक्ष के नीचे, एक पेड़ के नीचे, जिसके नीचे उन...
- भगवान से पाना क्या?...? बेटे! हमारी अकल, हमारी काया, हमारा धन और हमारी बुद्धि, सब कुछ भगवान के सुपुर्द है। यह क्या है? यह य...
- भगवान से प्यार कैसा होता है?...? भगवान क्या है? पहले यह मालूम कीजिए। भगवान है-आदर्श, भगवान है-सिद्धान्त। आदमी के जीवन में जब भगवान ...
- भगवान से भक्ति कैसे करें?...? सिद्धान्तों से भक्ति करेंगे, आदर्शों से भक्ति करेंगे, तो आप देखेंगे कि आपके कलेजे में से, आपके भीत...
- भगवान से मनुष्य ने कहा कि हम गरीबी में पैदा होंगे, तो विकास कैसे करेंगे?...? हमारी उन्नति का द्वार रुका हुआ पड़ा है। हमारी उन्नति कैसे होगी? मैं तो गरीब हूँ पेट पालना मेरे लिए म...
- भगवान से मार-पीट करेंगे?...? मार पीट तो नहीं करूँगा, पर भगवान को बदनाम कर दूँगा या तो आप हमारा यह काम कर दीजिए, नहीं तो हम आपकी प...
- भगवान से माला का क्या ताल्लुक हो सकता है?...? तो फिर आप किसलिए माला कराते हैं? माला इसलिए कराते हैं कि आपकी समझ में आ जाए कि किस तरीके से हम अपनी ...
- भगवान से माला का क्या ताल्लुक हो सकता है?...? तो फिर आप किसलिए माला कराते हैं? माला इसलिए कराते हैं कि आपकी समझ में आ जाए कि किस तरीके से हम अ...
- भगवान से मोहब्बत करना और भगवान से दिल लगाना हाथ भर का ही कलेजा दिल लगाने के लिए—दिल लगाने के लिए हाथ भर का कलेजा चाहिए और अगर दिल लगाने वाला कलेजा हाथ भर का न हो और कलेजा इतना बड़ा हो मक्खी के सिर के बराबर, क्या दिल लगायेगा?...? दिल है ही नहीं तो लगायेगा कहाँ से?...
- भगवान से साझेदारी कैसे होगी, बताइए?...? साझेदारी के बारे में घर वालों ने और दूसरों ने मुझे जो बात बता रखी थी, वह तो एक मजाक जैसी मालूम पड़ी,...
- भगवान से साझेदारी कैसे होगी, बताइए?...? साझेदारी के बारे में घर वालों ने और दूसरों ने मुझे जो बात बता रखी थी, वह तो एक मजाक जैसी मालूम पड़ी,...
- भगवान से हमको अकल और बुद्धि क्यों नहीं मिली?...? बन्दर ने कहा—हमारे लिए स्कूल क्यों नहीं खोले गए? मछलियों से लेकर कछुए तक, मेढकों से लेकर बन्दर तक सब ख...
- भगवान से हमने क्या पाया?...? और भगवान को हमने क्या दिया? और समाज को हमने क्या दिया? आज के लेखे-जोखे में हमारा बैलेन्स देने वालों ...
- भगवान से हमारा कोई सम्बन्ध है?...? बिल्कुल नहीं है। भगवान से अगर कोई सम्बन्ध रहा होता तो आपके जीवन की धाराएँ बदल गई होती। तुलसीदास जी निक...
- भगवान से हमारा कोई सम्बन्ध है?...? बिलकुल नहीं है। भगवान से अगर कोई सम्बन्ध रहा होता तो आपके जीवन की धाराएँ बदल गई होती। तुलसीदास जी निकम...
- भगवान हमसे दूर कहाँ गया था?...? नाक में से होकर वायु के साथ-साथ हमारी अन्तरात्मा में भगवान प्रवेश करता रहता है। हृदय की धड़कन के साथ ...
- भगवान हमसे दूर गये कब थे?...? वह हम सबके हृदय में बैठे हुए हैं।...
- भगवान हमारी कब सहायता कर सकते हैं?...? ये विचार मैं देर तक करता रहा।अठारह पुराणों का अनुवाद मैंने संस्कृत से हिन्दी में किया है।...
- भगवान हमारी कब सहायता करेंगे?...? यह विचार मैं देर तक करता रहा।अठारह पुराणों का अनुवाद मैंने संस्कृत से हिन्दी में किया है।...
- भगवान् की उपासना क्या होती है?...? भगवान् के समीप जा बैठना। भगवान् के समीप जा बैठना किसे कहते हैं? जैसा भगवान् होता है, उसी तरह से जब...
- भगवान् अपने लिए क्या चाहता है?...? क्या खाता है? वह केवल दूसरों के लिए जिन्दा रहता है, आपको यह सोचना चाहिए तथा अपना जीवनक्रम बदलने का...
- भगवान् आदर्श की, सिद्धान्तों की, नैतिकता की, मर्यादा की बातें बताकर चला जाता है, लेकिन हम और आप यह सब सुनते हैं क्या?...? हमारे लिए तो भगवान् की पूजा करने के लिए ये खेल-खिलौने ही काफी हैं, जो हमने और आपने पकड़ रखे हैं। हम...
- भगवान् उनके लिए क्या सोना-चाँदी लेकर गये थे?...? हीरा-मोती लेकर गये थे? कुछ नहीं। भगवान कहीं भी जाते हैं, तो मनुष्य की पात्रता को परखने के लिए जाते ह...
- भगवान् एक ओर से पूछता चला आता है ‘‘तैंने मुझे क्या दिया?...? ’’ और हम भगवान् से तकाजा करते हुए चले जाते हैं।...
- भगवान् कहाँ है?...? और भगवान् को किस तरीके से प्राप्त किया जाये? हमको इसके बारे में थोड़ी गहराई तक जाना पड़ेगा, जैसे क...
- भगवान् का सहारा लेने के बाद हमारे पास क्या कमी रहेगी?...? हमें उनका प्यार-अनुदान प्राप्त करके अपना आध्यात्मिक विकास करने का प्रयास करना चाहिए। भगवान् के पास...
- भगवान् का नाम क्या है?...? हमें नहीं मालूम; लेकिन भगवान् का रूप और भगवान् के स्वरूप की जानकारी करने के लिए हमको भगवान् का नाम र...
- भगवान् का पेट कितना बड़ा है आप जानते हैं?...? भगवान् का पेट बहुत बड़ा है। उसमें समुद्र समा गया है उसमें जमीन समा गई है आसमान समा गया है उसको आप ...
- भगवान् का प्रेम था कहाँ आपके पास?...? केवल कामनाएँ थीं, वासनाएँ थीं, तृष्णाएँ थीं, जिन्हें आप भगवान् मान रहे थे और उन्हीं के चरणों में फूल...
- भगवान् का स्वरूप था कब आपके जीवन में?...? भगवान् का प्रेम था कहाँ आपके पास? केवल कामनाएँ थीं, वासनाएँ थीं, तृष्णाएँ थीं, जिन्हें आप भगवान् मान...
- भगवान् की उपासना आप करें और भगवान् की विशेषताओं को, भगवान् के गुणों को और भगवान् की धाराओं को अपने भीतर आप धारण न करें, यह कैसे हो सकता है?...? आप उनमें मिल जाइए या अपने में उन्हें मिला लीजिए। उपासना इसी का नाम है। इससे कम में कोई उपासना नहीं...
- भगवान् की कैसी संगति?...? भगवान् की ऐसी संगति कि भगवान् की विशेषताएँ, हमारे जीवन में आयें। भगवान् की अगर विशेषताएँ हमारे जीवन ...
- भगवान् की प्रसन्नता एक बात पर टिकी हुई है कि आपका कर्म क्या है?...? कैसा है? भजन पर नहीं, कर्म पर भगवान् की प्रसन्नता टिकी हुई है। अगर आप यह सब समझ लें, तो आस्तिकता का ...
- भगवान् की मनोकामना तुझे पूरी करनी चाहिए कि तेरी भगवान को करनी चाहिए?...? नहीं साहब! भगवान् को मेरी मनोकामना पूरी करनी चाहिए। बदमाश कहीं का। तेरी पूरी करनी चाहिए और तू भगवान्...
- भगवान् कृष्ण ने महाभारत यानी ग्रेटर इंडिया का कार्य क्या स्वयं अकेले किया था?...? नहीं यह सम्भव नहीं था। तो क्या गोवर्धन उन्होंने स्वयं उठा लिया था? नहीं, यह भी सम्भव नहीं था। यह सब ...
- भगवान् के दरबार में जवाब देना होगा कि आज के समय का, एक दिन के जीवन का किस प्रकार सदुपयोग बन पड़ा?...? इसके लिये दिनभर के समययापनपरक क्रिया-कलापों और विचारों के उतार-चढ़ावों की समीक्षा की जानी चाहिए। उस...
- भगवान् के दर्शन, कर्मकाण्ड आपको शान्ति दे पायेंगे क्या?...? मल्लाह के हृदय कपाट खुल गये और उसने अपने भीतर भगवान् को तलाश करना शुरू कर दिया और उसको शान्ति मि...
- भगवान् के बेटों को भला कौन जकड़ सकता है?...? बन्धनों में जकड़ने के लिए उसका अपना ही अज्ञान, अपनी ही बेवकूफी, अपने ही कुसंस्कार हैं। जिसने आपको ...
- भगवान् के भक्त इतने कंजूस एवं कायर?...? यह देखकर तो हमें आश्चर्य होता है। आपको इतना कृपण नहीं होना चाहिए। आप दूसरों पर दोष लगाते हैं कि ...
- भगवान् के लिए क्या आफत थी?...? उन्होंने छिपकर के क्यों मारा? वो हमको नापसन्द है और रामचन्द्रजी से कभी मुलाकात हुई तो हम सबसे पहली ब...
- भगवान् के शाप बाढ़ के रूप में बरसेंगे, तूफान के रूप में बरसेंगे, आँधी के रूप में बरसेंगे और किस रूप में बरसेंगे?...? आग के रूप में बरसेंगे, शोले के रूप में बरसेंगे, बुखार के रूप में बरसेंगे, मलेरिया के रूप में बरसेंगे...
- भगवान् के समीप जा बैठना किसे कहते हैं?...? जैसा भगवान् होता है, उसी तरह से जब हम बन जाते हैं, तो उसको हम उपासना कहते हैं। आग जल रही होती है। ...
- भगवान् कैसा है?...? मुझे नहीं मालूम, लेकिन भगवान् का ध्यान जरूरी है। लेकिन भगवान् का ध्यान करने के लिए, भगवान् से सम्बन्...
- भगवान् को इतनी जगह की क्या जरूरत है?...? भगवान् को चाहो, तो एक कोने में बिठा दो, तो भी वे मौज करेंगे। भगवान् को इतने बड़े भव्य निर्माण से क्...
- भगवान् को कहाँ से पायें?...? इसीलिये, जिसके प्रति, जिसको हम मान लेते हैं कि हमारे जीवन में यह श्रेष्ठ व्यक्ति है, जिसके बारे में ...
- भगवान् को क्या जानते हो?...? बेटे, भगवान् को दिया जाता है। भगवान् के आदर्शों को जीवन में धारण किया जाता है। भगवान् को अपने हुकुम ...
- भगवान् को जानते हो?...? भगवान् को क्या जानते हो? बेटे, भगवान् को दिया जाता है। भगवान् के आदर्शों को जीवन में धारण किया जाता ...
- भगवान् को सत्यम्-शिवम्-सुंदरम् कहा जाता है, फिर उसके राजकुमार इनसान में इस बात की कमी कैसे सही गई?...? क्या बात हुई कि इनसान ने भगवान् के दिए हुए गुणों को एकदम भुला दिया!स्रष्टा ने सृष्टि का जो प्रत्ये...
- भगवान् कोई रिश्वतखोर है कि आपकी चापलूसी सुनते रहें और आप पर अनुग्रह कर दें?...? नहीं, भगवान् के यहाँ कसौटी एक ही है, वह यह कि आप कितने उदार है? अगर आप उदार हैं, तो भगवान का दरवाजा ...
- भगवान् चुप क्यों है?...? भगवान् को सत्यम्-शिवम्-सुंदरम् कहा जाता है, फिर उसके राजकुमार इनसान में इस बात की कमी कैसे सही गई?...
- भगवान् जहाँ कहीं भी अपना अंश देता है, विभूति देता है, उसके अन्दर चमक होती है, लगन होती है, उसके अन्दर तड़प होती है और मुरदे?...? मुरदे हमारे और आपके जैसे होते हैं। साँस लिया करते हैं। भगवान् की जब पूजा करते हैं, तो भी ऐसे-ऐसे स...
- भगवान् जाने उसका क्या काम है?...? अबकी बार दस वर्ष कार्यक्रम मुझे दिया गया है। कह नहीं सकता जीवन का समय कितना रह गया हो? कह नहीं सकता ...
- भगवान् जी और किसका?...? साईं बाबा का और किसका आचार्य जी का। हरेक का जँवाई बनना चाहिए। चल बदमाश कहीं का, दरिद्र और भिखमंगे पह...
- भगवान् तेरी मर्जी पर चलेगा?...? नहीं साहब! भगवान् को हमारी मनोकामना पूरी करनी चाहिए। खबरदार! आइन्दा ये शब्द कहा तो। बड़ा आया मनोकामना...
- भगवान् ने कहा- ‘‘अब क्या करना चाहिए?...? पहाड़ पर वे छोड़ने वाले नहीं, जमीन पर वे छोड़ने वाले नहीं। समुद्र में भागकर आये तो भी इनसे पिण्ड नहीं...
- भगवान् ने इस हाड़-मास के जखीरे में एक ऐसी चेतना भर दी है जो अनोखी मालूम पड़ती है?...? बड़े सौभाग्यशाली हैं हम व आप, जो ऐसा शरीर धारण करने में समर्थ हो सके, सौभाग्यशाली सिद्ध हो सके। भगवान...
- भगवान् ने उसे क्या सलाह दी?...? लेकिन हमें हमेशा युद्ध करना है। किससे? अपने आप से, अपने आपे के साथ युद्ध करना है। अपना कर्तव्य पूरा ...
- भगवान् ने कहा- ‘फिर क्या करोगे?...? ’ हम तो महाराज जी! बस आपका आशीर्वाद माँगेंगे और अपना फायदा करायेंगे आपसे। क्षुद्र और क्षुद्रतम हम ...
- भगवान् पर विश्वास कर लिये होते, तो बात-बात में रोते-चिल्लाते, डरते और कमजोर होते क्यों?...? हानि जरा-सी हो जाती और आपे से बाहर हो जाते हैं, ये क्यों होता? भगवान् पर विश्वास करने वाला ऐसा नहीं ...
- भगवान् पर विश्वास करते, तब उनको पाप करने की इच्छा क्यों होती?...? भगवान् पर विश्वास कर लिये होते, तो बात-बात में रोते-चिल्लाते, डरते और कमजोर होते क्यों? हानि जरा-सी ...
- भगवान् बुद्ध का जन्मस्थान था तिब्बत जहाँ से पैदा होने के बाद बुद्धावतार न जाने कहाँ से कहाँ चला गया?...? चीन में न जाने क्या से क्या हो गया? कभी चीन में बौद्ध धर्म इतना फैला हुआ था कि हिन्दुस्तान से भी अ...
- भगवान् बुद्ध का जन्मस्थान था तिब्बत जहाँ से पैदा होने के बाद बुद्धावतार न जाने कहाँ से कहाँ चला गया?...? चीन में न जाने क्या से क्या हो गया? कभी चीन में बौद्ध धर्म इतना फैला हुआ था कि हिन्दुस्तान से भी अधि...
- भगवान् बुद्ध के भौतिक वाले जीवन से आप क्या समझते हैं?...? मैं समझता हूँ कि आप हर चीज की सफलता की निशानी एक मानते होंगे कि धन के अलावा और कुछ नहीं है। हाँ साहब...
- भगवान् बुद्ध ने कहा-तात गिरे हुए समाज की शान्ति सुख और व्यवस्था लौटाने के लिए मैंने गृह और यशोधरा जैसी धर्मपत्नी का परित्याग किया क्या अब मुझे अपने व्रत से डिग जाना चाहिए?...? बुद्ध द्वारा प्रस्ताव ठुकरा दिये जाने पर वासवदत्ता बहुत रुष्ट हुई और जब कौशाम्बी नरेश उदयन की पटरानी...
- भगवान् बुद्ध मर गये?...? नहीं, वे नहीं मरे। वे अमर हो गये। कैसे व्यक्ति अमर होते हैं? ऐसे व्यक्ति जिनके अन्दर शालीनता पैदा ह...
- भगवान् बुद्ध में क्या विशेषता हुई, भगवान् से क्या वरदान मिला, इनको क्या विशेष सम्पदा मिली?...? आप उनके जीवन को पढ़िए। बोधि वृक्ष के नीचे, एक पेड़ के नीचे, जिसके नीचे उन्होंने तप किया था, उनको एक खा...
- भगवान् राम और भगवान् श्रीकृष्ण, जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विरोध करेंगे?...? निंदा करेंगे क्या? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए।साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उस...
- भगवान् राम के पुजारी कौन थे?...? हनुमान जी थे। अतः कुछ इस तरह का पुजारी हो, तो कुछ बात भी बने। इसी तरह के पुजारी समर्थ गुरु रामदास ...
- भगवान् लाठी पकड़कर चलते थे?...? हाँ लाठी पकड़कर चलते थे। सूरदास धुले हुये थे साफ थे गंदे थे तब थे। तब तक भगवान् उनके नजदीक आये हों...
- भगवान् से हमने पूछा कि आप स्नान कर लेंगे?...? उन्होंने कहा कि आप फिकर मत कीजिए। हमारे यहाँ तो फव्वारे लगे हुए हैं, शॉवर लगे हुए हैं। हम बादलों का ...
- भगवान् हमारा क्या होगा?...? यह पूछने पर श्रीकृष्ण ने कहा था कि तेरी जिम्मेदारी हम उठाते हैं, तू युद्ध कर।साथियो ! आज गुरुपूर्णिम...
- भगाना था तो क्व वर्ष की जेल में क्यों चले गए?...? उन्हें बर्मा की जेल में रंगून भेज दिया गया था, तब क्यों नहीं छुड़ा लिया था अपने को? बेटे ! ये अकेले ...
- भगाना था तो छह वर्ष की जेल में क्यों चले गए थे?...? उन्हें बर्मा की जेल में रंगून भेज दिया गया था, तब क्यों नहीं छुड़ा लिया था अपने को? बेटे! ये अकेले न...
- भगीरथ आगे-आगे चले, इसलिए गंगा भागीरथी कहलाई, यह आपको मालूम है न?...? भगीरथ तो अब नहीं हैं, मगर उनके तप का स्थान अभी भी है। गंगोत्री के पास गौरीकुण्ड है उसके पास एक शिला ह...
- भगीरथ की तपगाथा आपको मालूम है न?...? नहीं, महाराज जी ! कुछ कमाई की बात बताइए। बेटे! भगीरथ ने तप करना शुरू किया। तप का परिणाम यह हुआ कि उन...
- भगीरथ कौन से थे?...? भगीरथ तप करने के लिए चले गए और गंगा जी को लेकर आए। गंगा जी आने को जब तैयार हो गईं तो उन्होंने भगीरथ ...
- भगीरथ तो एक इनसान था?...? हाँ बेटे इनसान था। गंगा जी तो देवता है। ठीक है और वह स्वर्गलोक से आई थी। ठीक बात है ये कि उस भगीरथ न...
- भगीरथ ने तपस्या की तो क्या हुआ?...? गंगा स्वर्गलोक में रहती थीं। उनकी तपश्चर्या से जमीन पर आयीं। गंगा जब जमीन पर बहीं तो तमाम जगह हरियाल...
- भगीरथ यह दौलत कहाँ से कमाकर लाए थे?...? उनने एक ही काम किया था, जिसका नाम था—तप। भगीरथ ने तप करने से यह कमाई की थी। बेटे! मैं क्या-क्या बताऊ...
- भजन करता है या ढोंग करता है?...? बेटे, यह भक्ति नहीं हो सकती।...
- भजन करने से आपका क्या मतलब है?...? भजन करने से मतलब यह है कि यहाँ से हमारा अन्तर्मुखी जीवन प्रारम्भ होता है।
आत्मकल्याण के चिन्तन का ...
- भजन करने से कोई कुछ मिलता है?...? भजन करने वाले की नीयत क्या है, यह भगवान् जानना चाहता है। आप पैसा कमाने के लिए, औलाद प्राप्त करने...
- भजन किस बात का है?...? कुछ भी नहीं है। हमें तो कुछ भी नहीं मालूम पड़ता है। आपने अगर भजन किया होता तो आपके भीतर से कोई हेर-फ...
- भजन किस बात का है?...? कुछ भी नहीं है। हमें तो कुछ भी नहीं मालूम पड़ता है। आपने अगर भजन किया होता तो आपके भीतर से कोई हेर-फे...
- भजन किसे कहते हैं?...? बेहद कम कीमत की चीज को, जिसमें न आपको पसीना बहाना पड़ता है, न हथौड़ा चलाना पड़ता है, न हल चलाना पड़त...
- भजन के नाम पर, ध्यान लगा करके और जप करके हम क्या-क्या नहीं करते?...? एक बार रामचन्द्र जी ने लक्ष्मण जी से कहा कि-हे लक्ष्मण! इस बगुला को देखो। कितना ध्यानमग्न है। धीरे...
- भजन के अलावा और कुछ नहीं है क्या?...? जीवन का संशोधन और आत्मसंशोधन कुछ नहीं है क्या? अपने आप का सुधार कुछ नहीं है क्या? स्वाध्याय की, संयम...
- भजन क्या होता है?...? भजन वह होता है, जिसमें सारे कर्तव्य, सारे फर्ज और सारे उत्तरदायित्व को लात मार दी जाती है और घनन् ...
- भजन नहीं किया तो क्या?...? लेकिन दुनिया को अच्छा बनाने के लिए, दूसरों के कष्टों को कम करने के लिए, अपना जीवन अच्छा और नेक बनाने...
- भजन नहीं है?...? रहने दे भजन को। केवल शरीर को लेकर खड़ा हो जा, फिर मैं बता दूँगा कि शरीर के माध्यम से लौकिक शक्तियाँ ...
- भजन में लगेगा?...? नहीं लगेगा। इसको लगाना पड़ता है।...
- भजन से क्या मिलता है?...? यह कौन बोल रहा है? बेटे, नास्तिक बोल रहा है। नास्तिक में यह हिम्मत नहीं है। आपको डर मालूम पडता है कि...
- भटकता क्यों है?...? मुझे गिड़गिड़ाना होगा, तो वहाँ गिड़गिड़ाऊँगा। मुझे गिड़गिड़ाना होगा तो मेरी आत्मा के सामने गिड़गिड़ाऊँगा और ...
- भट्टी में नहीं तपाएँ तब?...? तब कच्ची धातुएँ पक्की धातु नहीं बन सकतीं। जमीन में से जो लोहा निकलता है, वह मिट्टी मिला हुआ होता है।...
- भतीजी का क्या हुआ?...? दुनिया के जंजाल को तो आदमी बुनता रहता है; पर अपने बारे में कभी विचार नहीं करता। हमको उस एकान्त स्थान...
- भय की कल्पनाएँ, आशंका की कल्पनाएँ, चिन्ता की कल्पनाएँ, हैरानी की कल्पनाएँ, बुढ़ापे की कल्पनाएँ, मौत की कल्पनाएँ आप क्यों करते रहते हैं?...? उज्ज्वल कल्पनाएँ आपको करना नहीं आता? आप विधेयात्मक विचार नहीं कर सकते? आपको निषेधात्मक विचारों को कट...
- भयंकर किसे कहते हैं?...? जल्लाद को। जल्लाद किसे कहते हैं? जल्लाद उसे कहते हैं जो मारे हंटरों के चमड़ी उघाड़ डालता है। ऐसा भी ...
- भर क्यों नहीं दिए इसने तमाम जगह?...? बहुत सारे विरान क्यों पड़े हुए हैं? रेगिस्तान क्यों वीरान पड़े हैं? बादलों ने वहाँ क्यों नहीं पानी बरस...
- भरत की प्रशंसा?...? भरत अपने आप में बड़े शानदार आदमी थे, लेकिन आपको भरत की प्रशंसा मालूम होने से पहले उनकी माँ शकुन्तला क...
- भरपाई कैसे हो?...? आप उसके लिए क्या कदम उठाएँ? इसके लिए आप अपने गुण, कर्म, और स्वभाव में शालीनता का समावेश करने के लिए ...
- भरपाई कैसे होगी?...? आप उसके लिए उदार सहयोग क्या करेंगे? आप उसके लिए जनसेवा के लिए क्या कदम उठाएँगे? इसके लिए आप अपने गुण...
- भरसक प्रयास किया गया कि प्रत्येक परिजन का जिस तरीके से शंकर जी ने विष पिया था, जनहित के लिए इसी तरह हम भी अपने परिवारीजनों के लिए, जिसको हम अपना विशाल परिवार कहते हैं इनके कष्टों को हलाहल की तरह से क्यों न पी जाएँ?...? जरूर अनुभव भी किया और पिया भी। शायद आप में से हजारों की तादाद में परिजन बैठे होंगे कि जो किन-किन कठि...
- भलमनसाहत की कमी है?...? नेक कामों की कमी है? नहीं, कहीं कमी नहीं है। लेकिन आपका दृष्टिकोण क्यों गन्दा है? दृष्टिकोण की वजह स...
- भला हनुमान जी से बढ़कर राजनीति की सेवा और कौन कर सकता था?...? रावण को उखाड़ करके विभीषण की स्थापना करने की भूमिका किसने निभाई? हनुमान ने, नल-नील, अंगद और जामवन्त...
- भला अपनी बेटी को कोई किसी कुपात्र के हाथों कैसे सौंप देगा?...? किसी के हाथ अपने कारखाने की अर्थव्यवस्था क्यों कर सुपुर्द करेगा?
बादल सर्वत्र बरसते हैं पर उस पा...
- भला आप क्या कर लेते हैं?...? देखिए अर्जुन सहित पाँचों पाण्डव संगठित हैं। वे मालिक हैं और आप नौकर हैं। आपका और उनका क्या मुकाबला? ...
- भला आप क्या कर सकते है?...? देखिए अर्जुन सहित पाँचों पाँडव संगठित है। वे मालिक है और आप नौकर है। आपका और उनका क्या मुकाबला? बेचा...
- भला आप क्या कर सकते हैं?...? देखिए अर्जुन सहित पाँचों पाण्डव संगठित हैं। वे मालिक हैं और आप नौकर हैं। आपका और उनका क्या मुकाबला? ...
- भला आप सन्त नहीं हैं तो क्या, महात्मा नहीं हैं तो क्या?...? आपकी खुराक सम्बन्धी आदत ऐसी बढ़िया होनी चाहिए कि जहाँ कहीं भी आप जाएँ, वहाँ हर आदमी आपको बर्दाश्त क...
- भला आप सन्त नहीं हैं तो क्या, महात्मा नहीं हैं तो क्या?...? आपकी खुराक सम्बन्धी आदत ऐसी बढ़िया होनी चाहिए कि जहाँ कहीं भी आप जाएँ वहाँ हर आदमी आपको बरदाश्त कर सकता...
- भला इससे अच्छी जगह और क्या हो सकती है?...? इसलिए चन्द्रमा पर जाने के लिए हमने अपना नाम रिजर्व करा लिया था, अपनी सीट रिजर्व करा ली थी कि मरने के...
- भला ऐसी कोई भक्ति होती है?...? तुलसीदास ने भक्ति की, तो कैसी मजेदार भक्ति की कि बस पीपल के पेड़ पर से, बेल के पेड़ पर से कौन आ गय...
- भला ऐसी कोई भक्ति होती है?...? तुलसीदास ने भक्ति की, तो कैसी मजेदार भक्ति की कि बस पीपल के पेड़ पर से, बेल के पेड़ पर से कौन आ गया?...
- भला ऐसे कैसे हो सकता है कि मैं हनुमान चालीसा पढ़ूँगा और हनुमान जी भाग जाएँ और पकड़ में नहीं आएँ?...? पकड़ में कैसे नहीं आएँगे? हनुमान को पकड़ में जरूर आना पड़ेगा। हनुमान जी पकड़ में जरूर आ गए। हनुमान जी पक...
- भला ऐसे कैसे हो सकता है कि मैं हनुमान् चालीसा पढ़ूँगा और हनुमान् जी भाग जाएँ और पकड़ में नहीं आएँ?...? पकड़ में कैसे नहीं आएँगे? हनुमान् को पकड़ में जरूर आना पड़ेगा। हनुमान् जी पकड़ में जरूरत आ गए। हनुमान्...
- भला कमजोर जिन्दगी जीना कौन पसन्द करेगा और ऐसी जिन्दगी कौन पसन्द करेगा जो बीमारियों से घिरी हुई हो?...? कमजोरी से घिरा हुआ होना—यह प्रकृति के विरुद्ध है। इसको आप और हम हटा सकते हैं। शरीर के बारे में यहीं ...
- भला किसी व्यक्ति का कुछ ही दिनों के अन्तर से दो बार स्थानान्तरण कैसे हो सकता था?...? किन्तु गुरुदेव की महिमा। 9 दिन के अन्दर ही बी. टी. आई. उज्जैन में मेरा ट्रांसफर हो गया। फिर मैं उज्जै...
- भला जब यौवनकाल में कुछ न कर पाए तो अब क्या कर सकेंगे?...? यह निराशा ही ले डूबती है। सच्चा व्यापारी तो वह होता है, जो घाटा होने पर भी व्यापार बन्द नहीं करता, धै...
- भला जीव को आग कैसे जला सकती है?...? उसकी गर्मी की पहुँच तो सिर्फ शरीर तक ही थी। इसी प्रकार पानी और पृथ्वी के भीतर भी जीव की पहुँच वैसे ह...
- भला तू कभी पास हो सकता है?...? ' 'भला तुझ से कोई अच्छे काम की आशा की जा सकती है?" आपके इस प्रकार कहने से बच्चे का विश्वास हिल जाता ...
- भला मैं इसे कैसे फेंक दूँ?...? नहीं साहब! अपनी बहन को अलग रखिए? बेटे, मैं कैसे अलग रखूँ? जब राखी बाँधने आती है, तब मैं कैसे कहूँ कि...
- भला मैं बादशाह कैसे बन सकता हूँ?...? मैं तो गाँव का आदमी हूँ, बकरी चराता हूँ और छोटा हूँ। उन्होंने कहा—मैं तुझे बादशाह बनाऊँगा। बस उन...
- भला यह भी कोई बात है?...? अरे भाई! हम अच्छे कपड़े पहनेंगे, तो औरों को क्या पहनाएँगे? यह क्या बात है? यह गरीबी है, जिसमें आद...
- भला ये भी कोई समझदारी है?...? आप हवा में उड़ते हुए पत्तों के तरीके से उड़ते हुए चले जायें, भला ये भी कोई समझदारी हुई। आपको वजनदार हो...
- भला सबके साथ मित्रता बरतना भी कोई नीति है?...?
राजा चुप हो गया। पर जानता था, उससे जो कहा गया है सो सच है। कुछ दिन बाद राजा अपने लड़के को साथ लेकर घ...
- भला हनुमान जी से बढ़कर राजनीति की सेवा और कौन कर सकता था?...? रावण को उखाड़ करके विभीषण की स्थापना करने की भूमिका किसने निभाई? हनुमान ने, नल-नील, अंगद और जामवन्त न...
- भला, अपना प्यारा खिलौना या भाई माँगने वाला व्यक्ति उसे कैसे अच्छा लग सकता है?...? '
बच्चों के सामने सन्देहात्मक विचार प्रकट न करें : बच्चे से बातचीत करते समय...
- भला, उसे अस्पताल कैसे ले जाता?...? ’
इस पर पिता ने समझाया -‘‘तुम नहीं ले जा सकते थे तो अपने अध्यापक को बताते या घर आकर मुझे बताते। मैं ...
- भली या बुरी राह अपनाने के लिए सरकार किस-किस को कन्धे पर बिठाये फिरती है?...? स्वच्छता, आजीविका, प्रजनन, रुझान, स्वभाव, अभ्यास मनुष्य की अपनी मर्जी पर निर्धारित रहते हैं। इन्हीं ...
- भले आदमियो, छोटी-छोटी समस्याओं के लिये अपने जीवन का सर्वनाश क्यों कर रहे हो?...? आपस में एक-दूसरे का गला क्यों काट रहे हो? धिक्कार है तुम्हारी इनसानियत को। मित्रो! थोड़ी-सी अकल हमारे...
- भले ही उनमें से कितनी ही प्रसुप्त स्थिति में ही क्यों न बनी रहती हों?...? अन्य ग्रहों की तुलना में बहुत छोटे आकार की इस पृथ्वी में इतना सौन्दर्य और इतना सौष्ठव किस प्रकार सम्...
- भले ही उन्होंने मुफ्त में तुर्त-फुर्त बहुत कुछ पाने की शेखचिल्ली जैसा सपना ही क्यों न सँजो रखा हो?...? संसार में व्यवहारिकता का ही प्रचलन है। यहाँ इस बाजार में, एक से एक बढ़िया वस्तुएँ भरी और आकर्षक ढंग ...
- भले ही उसकी परिणति अन्ततः कितनी ही भयानक क्यों न हो?...? सभी जानते हैं कि इन दिनों मँहगाई का समय है। ९९ प्रतिशत लोगों को रोज कुआँ खोदना और रोज पानी-पीना है। ...
- भले ही ऊपर से आवरण वह देवताओं का, सन्तों जैसा ही क्यों न ओढ़े फिरता हो?...? स्थिति ने जनसमुदाय को शारीरिक दृष्टि से रोगी, अभावग्रस्त, चिन्तित, असहिष्णु एवं कातर-आतुर बनाकर रख दि...
- भले ही यहाँ के लोग व्यावहारिक स्तर पर औसत नागरिकों जैसा जीवनयापन ही क्यों न करते रहे हों?...? भारत की अपनी सांस्कृतिक परम्पराएँ इतनी उत्कृष्ट और इतनी सशक्त रही हैं, कि नर-वानर का जीवन जीने वाले ...
- भले ही वे अचरज सर्वथा निरर्थक ही क्यों न हों?...? बालों में से खाल निकाल लेना कोई ऐसा काम नहीं है कि जिसके बिना किसी का काम रुकता हो या फिर किसी का उस...
- भव बन्धनों के कुचक्र से निवृत्ति, पूर्णता की प्राप्ति, स्वर्ग और मुक्ति की उपलब्धि, सिद्धियों की विभूति, आत्मा और परमात्मा की एकता, जैसी महान सफलताएँ इस एक ही तथ्य पर निर्भर हैं कि यथार्थता को हृदयंगम करना सम्भव हो सका या नहीं?...? कहने सुनने को तो आदर्शवादी बकवास आये दिन चलती रहती है, पर वस्तुतः उसमें कुछ सार नहीं। अध्यात्म का ला...
- भवबन्धनों में बहुत सारे सामाजिक, वैयक्तिक और दूसरी तरह की आदतों के जो बन्धन बँधे हुए हैं, उसको तोड़ सकने में वह समर्थ हो सके, स्वाधीनता का मतलब तो यही हुआ ना?...? मुक्ति इसी को तो कहते हैं।
मनुष्य की स्वाधीनता
मित्रो! जीवन मुक्ति के लिए हम जो ...
- भवानी और शंकर का साँप कितना बड़ा है?...? और शंकर का बैल कितना बड़ा है? और साँप कैसे रंग के हैं, काले रंग के हैं कि पीले रंग के हैं? और सिर पर ...
- भवानी कहाँ रहती है?...? और शंकर कहाँ रहते हैं? भवानी और शंकर का साँप कितना बड़ा है? और शंकर का बैल कितना बड़ा है? और साँप कैसे...
- भविष्य अच्छा-अच्छा करते रहे और न हुआ तब?...? होगा कैसे नहीं? पानी के गिलास में आधा गिलास पानी आपके पास है, आप चाहें, तो यह कहिए कि आधा गिलास कम ह...
- भविष्य की क्यों अनावश्यक कल्पना करेंगे?...? योजना बना लीजिए। योजना बनाना कोई नहीं है, लेकिन महत्त्वाकांक्षा बात अलग है, योजना बात अलग है। हमको एम....
- भविष्य की क्यों अनावश्यक कल्पनाएँ आप करेंगे?...? योजनाएँ बना लीजिए, इसमें कोई हर्ज नहीं, लेकिन 'महत्त्वाकांक्षा' बात अलग है, योजना की बात अलग है। आपक...
- भविष्य की क्यों अनावश्यक कल्पनाएँ आप करेंगे?...? योजनाएँ बना लीजिए, इसमें कोई हर्ज नहीं लेकिन ''महत्त्वाकांक्षा'' बात अलग है, योजना की बात अलग है। आप...
- भविष्य के बारे में क्या?...? शादी नहीं करना चाहते? अभी हमारे माता-पिता का कर्ज हमारे ऊपर रखा हुआ है, अभी हम शादी कैसे कर सकते हैं...
- भविष्य को याद नहीं करेंगे, मौत को याद नहीं करेंगे, मौत की तैयारी नहीं करेंगे?...? नहीं साहब! बेटी के लिए तैयारी करनी चाहिए, बेटे के लिए तैयारी करनी चाहिए, लेकिन मौत के लिए क्या तैय...
- भविष्य क्या तेरे हाथ में है?...? बेटे, भविष्य के बारे में कोई गारण्टी नहीं कि क्या होने वाला है?
जवान बनें, वर्तमान की सोचें ...
- भविष्य न जाने कैसा बन कर रहेगा?...? इस विषम विडम्बना से छूटने का एक ही उपाय है कि दोष-दुर्गुणों की जो भारी चट्टानें सिर पर लदी हैं, उन्ह...
- भविष्य में बालक के स्वास्थ्य की गारण्टी इस बात के ऊपर टिकी हुई है कि गर्भावस्था में माता ने क्या खाया?...? माता ने क्या पहना? किस वातावरण में रही और उसकी मनःस्थिति किस तरह की रही? इस तरह की व्यवस्था बनाना पि...
- भविष्य में वे कहाँ जाएँ?...? कहाँ रहें और क्या करें? यह प्रश्न निरन्तर परेशान करता रहता है। दक्षिण रोडेशिया और दक्षिण अफ्रीका में ...
- भवें कैसी हैं?...? पलकें कैसी हैं? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दीखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखाई देती हैं, तो फि...
- भस्म किसे कहते हैं?...? बेटे लोहे को जलाते हैं। इसको हम तपाते हैं। ताप देने के बाद में जब भस्म बन जाती है, तो वह बड़ी कीमती...
- भस्म क्यों लगाई जाती है?...? ये सारे के सारे क्रियाकृत्यों का, कर्मकाण्डों का शिक्षण हम देने में समर्थ नहीं हो सके, तो मित्रो, अग...
- भस्म क्यों लगाई जाती है?...? ये सारे के सारे क्रिया-कृत्यों का, कर्मकाण्डों का शिक्षण हम देने में समर्थ नहीं हो सके तो मित्रो! अग...
- भस्मासुर का क्या हो गया?...? जिसको प्रलोभन सताते हैं, वे भटक जाते हैं और कहीं के मारे कहीं चले जाते हैं।तो श्रद्धा आदमी को टिकाऊ ...
- भाई कर सकता है, तो बहन क्यों नहीं?...? भाई और बहन दोनों तैयार हुए। उन्हें समाज-देवता की अर्चना हेतु समर्पित करते हुए उनकी आँखों में आँसू थे...
- भाई का शेयर, हिस्सा नहीं देगा क्या?...? नहीं महाराज जी! सारा मैं ही खा जाऊँगा। नहीं, उसको भी दे, दोनों खाओ, ईमानदारी की, न्याय की बात है।
...
- भाई का शेयर, हिस्सा नहीं देगा?...? नहीं महाराज जी! सारा मैं ही खा जाऊँगा। नहीं, उसको भी दे, दोनों खाओ, ईमानदारी की, न्याय की बात है।मित...
- भाई यह तो बताओ कि आपके हाथ में यह क्या चीज लगी है?...? उन्होंने कहा—देखो, यह वह डायरी लगी है कि जो कोई समाजसेवा करता है, भगवान का जो सुमिरन करता है, उसकी ह...
- भाई साहब हमारी जर्मनी में तो आज तक कोई नहीं आया, जापान में चले जाइये पर पूछिये कि क्यों साहब आपने भूत देखा है कभी?...? वह भी कहेगा—हमारे यहाँ तो कभी नहीं आया। आप अमेरिका चले जाइये और पता कीजिये कि क्या आपने भूत देखा है?...
- भाई हैं, तो क्या हुआ?...? मामा हैं तो क्या हुआ? कोई भी क्यों न हों, जब गलत काम करते हैं, तो हमारे कोई नहीं, सब विरोधी हैं। भ...
- भाई, वह तुम्हारा कौन था?...? वह तो हमारा था, हमने उसे अपने पैसे देकर खरीदा था। हमने इसे वहाँ लगाया था। हमने दियासलाई लगा दी। हमने...
- भाईचारे से रहें तो क्या हर्ज है?...? भाईचारे से देवताओं की तरह रहना चाहिए, दैत्यों के तरीके से नहीं। देवता कैसे होते हैं? एक और उदाहरण दे...
- भाईचारे से रहें, तो क्या हर्ज है?...? भाईचारे से देवताओं की तरह रहना चाहिए, दैत्यों के तरीके से नहीं। देवता कैसे होते हैं? एक और उदाहरण दे...
- भाईसाहब टिकिट नहीं है आपके पास?...? तब ये हॉल आपके लिए नहीं है। ये असेम्बली हॉल है। टिकिट दिखाइए, तब हम आपको जाने देंगे। नहीं साहब! हम त...
- भाग करके वह कहाँ चला जाता है?...? कहीं तालाब तलाश करता है और उसी में डूब जाता है। उसी में उसकी मृत्यु हो जाती है। इसी तरह आज हमारी न...
- भाग-दौड़ का ही तो इम्तहान है और किस बात का इम्तहान है?...? जब पटरियों पर अरबी घोड़े भागते हैं तो इन्हीं का तो इम्तहान होता है और इसमें है ही क्या? भागने का ही ...
- भागते हो कि नहीं, आपस में ही लड़ोगे, क्या बात है?...? तुम्हारी क्या दुश्मनी है? साँड़ों ने कुछ नहीं सुना और लड़ना जारी रखा। स्वामी जी ने हाथ को ऊँचा किया ...
- भागवत किससे सुनी जा सकती है?...? भागवत उसके मुँह से सुनी जा सकती है, जिसकी वाणी में से मंत्र की शक्ति निकलती हो। नहीं साहब! कोई भी सु...
- भागवत को लिखने वाले कौन हैं?...? व्यास जी। उन्हें ही बुला लें। व्यास जी ने भागवत लिखी, इसलिए व्यास जी सुना देंगे तो काम चल जायेगा। ...
- भागवत् कहने वाला व्यक्ति जीवित कहाँ है?...? वह मरा हुआ है। मरे हुए आदमी की कथा क्या हो सकती है? नारद जी ने वाल्मीकि को उपदेश दिया कि बेटा डाका ड...
- भागवत् किससे सुनी जा सकती है?...? भागवत् उसके मुँह से सुनी जा सकती है, जिसकी वाणी में से मंत्र की शक्ति निकलती हो। नहीं साहब! कोई भी स...
- भागवत् को कहा जाय और सुना जाय, लेकिन इस कहने- सुनने से क्या मिलेगा?...? बेटे- कहने सुनने से कोई बैकुण्ठ को नहीं जाता। इसे जीवन में उतारना पड़ता है। बक- बक, कहना, सुनना, ...
- भाग्य किसे कहते हैं?...? जो जीवन से सम्बन्ध रखता है। पुरुषार्थ किसे कहते हैं? जो हाथ-पाँव से सम्बन्ध रखता है। दिलचस्पी से काम...
- भाग्य न हो तो मनुष्य का काम कैसे चलेगा?...? फसल के लिए जमीन न हो, तो कैसे काम चलेगा? आदमी का व्यक्तित्व न हो, तो कैसे काम चलेगा? बच्चा जो गन्दा ह...
- भाप की ताकत बहुत बड़ी है, लेकिन जब वह फैलती है, तो उसकी ताकत क्या हो सकती है?...? कुछ नहीं। बारूद को जब हम इकट्ठा कर देते हैं, बारूद की ताकत कितनी बड़ी हो जाती है कि वह बन्दूक की ग...
- भाप जब एकाग्र हो जाती है, तो क्या हो जाता है?...? तब प्रेशर कुकर मिनटों के भीतर उसी भाप से खाना पका देता है। उसी भाप से रेल के इंजन चालू हो जाते हैं...
- भारत से अंग्रेजों का चला जाना भी कुछ ऐसा ही चमत्कारी है, जिसके सम्बन्ध में न केवल सत्याग्रही वरन् क्रान्तिकारी भी समय आ धमकने से पूर्व यह नहीं सोच पाये कि इतनी जल्दी इतना महान् परिवर्तन कैसे होने जा रहा है?...? अंग्रेजों की शक्ति और कूटनीति, स्वतन्त्रता सैनिकों की स्वल्प संख्या और शक्ति दोनों के बीच कोई ऐसी सं...
- भारतवासियों ने संसार को क्या अनुदान दिया है?...? हमारी एक पुस्तक है, आप लोगों में से किसी ने पढ़ी होगी, उसका नाम है ‘समस्त विश्व को भारत के अजस्र अनुद...
- भारतीय धर्म के माता-पिता कौन है?...? आपको उनका नाम मालूम होना चाहिए और आपको उनकी इज्जत करनी चाहिए जैसे कि ऋषियों ने, देवताओं ने और हमारे ...
- भारतीय संस्कृति का इतिहास खोजने से पता लग सकता है कि प्राचीनकाल में इस समुद्रमन्थन से कितने बहुमूल्य रत्न निकले थे?...? भारत भूमि को ‘स्वर्गादपि गरीयसी’ बनाने में उस मन्थन से निकले नवनीत ने कितनी बड़ी भूमिका निबाही थी। म...
- भारी और कच्ची?...? ? का -नाम लोहा है। भारी मिट्टी लोहा कैसे हो जाती है? स्टील कैसे हो जाती है? बेटे! उसको गरम करना पड़ता...
- भारी मिट्टी लोहा कैसे हो जाती है?...? स्टील कैसे हो जाती है? बेटे! उसको गरम करना पड़ता है, शोधन करना पड़ता है। इसकी मिट्टी अलग निकाल देते ...
- भारी मिट्टी लोहा कैसे हो जाती है?...? स्टील कैसे हो जाती है? बेटे! उसको गरम करना पड़ता है, शोधन करना पड़ता है। इसकी मिट्टी अलग निकाल देते है...
- भावना का विकास हम कैसे कर सकते हैं और कैसे उसका फायदा उठा सकते हैं?...? भावनाओं का कैसे विस्तार कर सकते हैं? हमारी फीलिंग्स और हमारी सम्वेदनाएँ कैसे हमारे काम आ सकती हैं...
- भावना किसे कहते हैं?...? भावना उस उमंग को कहते हैं, जो क्रिया बिना चैन नहीं लेती, किए बिना चैन नहीं लेने देती। वे कल्पनाएँ जो...
- भावना किसे कहते हैं?...? भावना उस उमंग को कहते हैं, जो क्रिया बिना चैन नहीं लेती, किए बिना चैन नहीं लेने देती। वे कल्पनाएँ जो...
- भावना के बराबर और कोई शक्ति हो सकती है क्या?...? बेटे, कोई नहीं हो सकती। बिजली? बिजली भी नहीं हो सकती। ऐटम? एटम भी नहीं हो सकता। मनोभावना को तू स...
- भावना को समझता नहीं है?...? प्रेरणा को समझता नहीं है? हिसाब को समझता नहीं है? बस, वही ‘राम नाम जपना पराया माल अपना’। यही भजन सुन...
- भावना कौन है?...? भावना है—देवताओं की माता। समझता नहीं है कुछ! देवता! देवता!! देवता!!! लिए फिरता है देवताओं को। पूजा-प...
- भावना नहीं है?...? मरने दे भावना को। भजन नहीं है? रहने दे भजन को। केवल शरीर को लेकर खड़ा हो जा, फिर मैं बता दूँगा कि शर...
- भावनाओं का कैसे विस्तार कर सकते हैं?...? हमारी फीलिंग्स और हमारी सम्वेदनाएँ कैसे हमारे काम आ सकती हैं? कैसे हमारे भीतर आग जला सकती हैं और जि...
- भावनाशील का क्या कहना?...? सन्त सज्जनों ने न जाने कितनों को अपने सम्पर्क से लोहे जैसे लोगों को पारस की भूमिका निभाते हुए कुछ से...
- भावावेश क्या होते हैं?...? भावावेश वे होते हैं जो उमंगों के रूप में, उद्वेगों के रूप में, सनकों के रूप में तरह-तरह से हावी हो...
- भावी जीवन की आपकी रूपरेखा क्या हो, आप केवल अपने ही लिए ही नहीं जिएँ, उसमें समाज की भी हिस्सेदारी है, लोगों की भी हिस्सेदारी है, भगवान की भी हिस्सेदारी है, आदर्शों की भी हिस्सेदारी है, धर्म और संस्कृति की भी हिस्सेदारी है—उस हिस्सेदारी को आप कैसे निभा पायेंगे?...? उसके बारे में शिक्षण, आपका सायंकाल का शिक्षण इस उद्देश्य के लिए है, आप इस उद्देश्य को समझिये। आप घटन...
- भावी जीवन की गतिविधियाँ क्या हों?...? भावी जीवन की प्लानिंग क्या हो? जिस तरीके से पंचवर्षीय योजनाएँ बनती हैं, आप अपनी बची हुई जिन्दगी के लि...
- भावी जीवन की प्लानिंग क्या हो?...? जिस तरीके से पंचवर्षीय योजनाएँ बनती हैं, आप अपनी बची हुई जिन्दगी के लिए पंचवर्षीय योजना या बाकी जिंदग...
- भावी पीढ़ी समुन्नत स्तर की कैसे बने?...?
--पं. श्रीराम शर्मा आचार्यसामान्यतया यह समझा जाता है कि मनुष्य के शारीरिक दृष्टि से बलिष्ठ होने म...
- भावुकता हमें बुज़दिली सिखाती है, भावुकता हमें कायरता सिखाती है और भावना?...? भावना हमें यह सिखाती है कि अपने इष्ट के प्रति जो हमारा समर्पण है, उसके लिए हमें क्या करना चाहिए।...
- भाषण से क्या होगा?...? आप हमारी बात मानिये। आपको बोलना नहीं आता है तो हम क्या करें? आप पोस्टमैन का काम करिये। हम बोलना सि...
- भाषण से क्या होगा?...? आप हमारी बात मानिये। आपको बोलना नहीं आता है तो हम क्या करें? आप पोस्टमैन का काम करिये। हम बोलना सिखा...
- भाड़ में जब चने भुनते हैं, तो भर्र- भर्र की आवाज होती है न?...? हाँ साहब! होती है। बस समझ लीजिए कि ‘भर्गो’ का अर्थ यही है। अरे महाराज जी! इसका तो संस्कृत में अर्थ...
- भिक्षा व्यवसाय में लाखों की तादाद में आदमी कैसे अपने समय को खराब करते और अपनी दीनता का परिचय देते हैं?...? कुरीतियाँ, बेईमानियाँ, उद्दण्डताएँ, धूर्तताएँ चारों और फैली पड़ी हैं। किस तरह से इनका उन्मूलन सम्भव है...
- भिक्षायापन कौन करता है?...? भीख माँगने वाला गरीब होता है ना? कमजोर होता है ना? सन्त वेष धारण करने के पश्चात् हर आदमी को भिक्षा ...
- भिक्षायापन कौन करता है?...? भीख माँगने वाला गरीब होता है ना! कमजोर होता है ना! सन्त वेष धारण करने के पश्चात हर आदमी को भिक्षा माँ...
- भिक्षु और भिक्षुक का फर्क तो आप जानते हैं?...? भिक्षु और भिक्षुक में जमीन आसमान का फर्क है। भिक्षु अलग होते हैं, जो संसार में शान्ति स्थापित करने ...
- भिखारी ही बने रहेंगे क्या?...? नहीं, आप भिखारी बनने से इनकार कर दीजिए। अब आप यहाँ से दानी बनकर जाइए। जिन्दगी भर आपने अपेक्षाएँ की है...
- भीख माँगने के लिए?...? नहीं साहब! भीख तो नहीं, ऐसे ही जाएँगे। आप घर-घर एक उद्देश्य के लिए जाइए, गाँव-गाँव एक उद्देश्य के लि...
- भीख माँगने वाला गरीब होता है ना?...? कमजोर होता है ना? सन्त वेष धारण करने के पश्चात् हर आदमी को भिक्षा माँगने के लिए जाना पड़ता था, ताकि ...
- भीख माँगने वाले को कहाँ, किसी ने क्या, कितना दिया है?...? थोड़ा सा ही दे पाते हैं। लेकिन आप हिस्सेदार क्यों नहीं बन जाते हमारी दुकान में? अन्धे और पंगे का योग ...
- भीख माँगने वालों को कहाँ किसने कितना दिया है?...? लोग थोड़ा-सा ही दे पाते हैं। आप हमारी दुकान में साझेदार-हिस्सेदार क्यों नहीं बन जाते? अन्धे और पंगे क...
- भीख माँगने वालों को कहाँ किसने, कितना दिया है?...? लोग थोड़ा सा ही दे पाते हैं। आप हमारी दुकान में साझेदार-हिस्सेदार क्यों नहीं बन जाते। अन्धे और पंगे का...
- भीख माँगने से किसी को क्या मिला है?...? भीख माँगने से भाई साहब! न किसी को कुछ मिला है और न भविष्य में मिल सकता है।
कैसा होता है देवताओं...
- भीख माँगी और कहाँ से इकट्ठा कर लिया?...? भीख माँगी जाती है। भीख माँगने से किसी को क्या मिला है? भीख माँगने से भाई साहब! न किसी को कुछ मिला है...
- भीड़ बढ़ा लेना और जन-सम्पर्क फैला लेना, मिलनसारी या प्रतिभा का चमत्कार हो सकता है, पर उस समूह में कोई जीवट न रही, तो बालू की दीवार की तरह उस भीड़ को बिखरने में भी देर न लगेगी और यदि कहीं ऐसा हो गया, तो हमारी जीवन-साधना की सार्थकता क्या रह जाएगी?...? — अखण्ड ज्योति, अगस्त १९७०, पृष्ठ ५५, ५६५. न स्वयं को भूलें, न भटकें—निस्सन्देह अखण्ड ज्योति परिवार ...
- भीतर की जीवात्मा ने कहा—कौन हैं भवानी-शंकर?...? जो बैल पर बैठे फिरते रहते हैं, वे हैं? बैल पर तो धोबी भी बैठा फिरता है। फिर तो बैल पर बैठने वाले का ...
- भीतर वाला हिस्सा क्या है?...? बाहर वाली जिन्दगी क्या है? एक पेड़ है, दरख्त है। उसके ऊपर फल आते हैं, पत्ते आते हैं, फूल आते हैं, कलि...
- भीतर से क्या आती है?...? महक। अच्छा साहब यह बताइए कि शहद की मक्खियाँ जो शहद इकट्ठा करती हैं वह शहद कहाँ से आता है? फूल के भीत...
- भीतर' से आप क्या समझते हैं?...? जमीन के भीतर क्या छिपा हुआ है? बाहर तो मिट्टी है, पर जरा-सा खोद दें तो मिलेगा—पानी। और जरा गहरा खोदे...
- भीम ने कहा—"माँ, हम पाँच में से एक कम हो जाएगा, तो क्या?...? आपके पास, आपके चार बच्चे तो रहेंगे ही।" यह संस्कार किसने दिए थे? यह संस्कार कुन्ती ने दिए थे। कुन्ती...
- भीम ने किसका क्या किया?...? नकुल-सहदेव किस काम में लगे रहे? सबने मिल-जुल कर के सिर्फ एक ही काम किया—भगवान ने गोवर्द्धन उठाया, भग...
- भीरुता के असमंजस में खड़े हुए लोगों को मार्गदर्शन कराने के लिए अग्रिम पंक्ति में चले कौन?...? इन प्रश्नों का उत्तर जाग्रत आत्माओं की प्रखरता के अतिरिक्त अन्य कहीं से मिलता नहीं है।...
- भीड़ में से ही किसी ने पूछ लिया-‘‘आप कहाँ से आए हैं?...? ’’
बोस्टन से, पर निवासी भारत का हूँ।
यहाँ किससे मिलना है?
डॉ बैरोज से,
कौन डॉ बैरोज?
सन्यासी ने अपने...
- भीड़ में स्वतन्त्र चिन्तन और विवेक पूर्ण निर्धारण की क्षमता कहाँ?...? यहाँ तो अन्धों के पीछे अन्धों के चलते रहने की परम्परा है। भ्रष्टाचार इसी आधार पर पनपा है। दुष्प्रवृत...
- भूकम्प कब आ जाए, कोई नहीं कह सकता?...? बाढ़ कब आ जाए, कोई ठिकाना नहीं? प्रकृति हम सबसे बिल्कुल नाराज हो गई है, इसलिए उसने काम करना बन्द कर द...
- भूकम्प कब आ जायेंगे?...? कोई नहीं कह सकता। ज्वालामुखी कब फटने लगेंगे? कोई नहीं कह सकता; बाढ़ कब आ जायेगी? इसका कोई ठिकाना नहीं...
- भूख तो बहुत लग रही थी; पर मन में आता कि इतने अपमान के बाद अब कैसे जायें?...?
उन दिनों जब सब भोजन करते थे तो माताजी सामने बैठती थीं। इतने लोगों में भी उन्हें पता चल गया कि हम च...
- भूखा आदमी किसको दान दे सकता है?...? किसकी सहायता कर सकता है? किसी सेवा कर सकता है? किसका भला कर सकता है?इसलिए मित्रो! पहला गुण, आध्यात्म...
- भूखा कौन रहता है?...? अपना घर का काम कौन छोड़ता है? आपके अन्दर वो शराफत मालुम पड़ती है, और वो जिन्दगी मालुम पड़ती है, जिससे क...
- भूखा कौन रहता है?...? अपने घर का काम कौन छोड़ता है? आपके अन्दर वह शराफत मालूम पड़ती है और जिन्दगी मालूम पड़ती रहेगी। आध्यात्म...
- भूगोल क्या है?...? इतिहास क्या है? दुनिया में इनसानों के चाल-चलन क्या रहे हैं? दुनिया में किस तरीके से उतार-चढ़ाव आते रह...
- भूत अच्छा, कैसा भूत?...? अब वह लड़का सिर हिलाने लगा। खामखाह की बातों को जब हम बढ़ावा देते हैं, तो लोगों की नजरों में गिर जाते...
- भूत कहाँ से आता है?...? बेटे, भूत हमारे दिमाग में से निकलता है—‘‘शंका डायन मनसा भूत’’। मनसा भूत मन में से निकलते हैं और डायन...
- भूत के भय से आदमी क्यों जान दे देता है?...? यह बेटे, आदमी की धारणा है। झाड़ी में भूत रहता है, मरघट में भूत रहता है, डर के मारे बुखार आ गया। रात म...
- भूत के लिये तू सारे संसार में चला जा और इन्क्वायरी करके ला कि क्यों साहब, कैसा होता है भूत?...? जर्मनी में जा और पता कर कि क्यों भाईसाहब! आपके यहाँ भूत आता है कि नहीं और आता है तो भूत कैसा होता है...
- भूत कैसा होता है?...? जिसकी इच्छाएँ वस्तुओं और पदार्थों के साथ जुड़ी हुई हैं।
मित्रो! हमारा शरीर मिट्टी का बना हुआ ...
- भूत कैसा होता है?...? जिसकी इच्छाएँ वस्तुओं और पदार्थों के साथ जुड़ी हुई हैं।मित्रो! हमारा शरीर मिट्टी का बना हुआ है। इसकी ...
- भूत कैसा होता है?...? भूत के लिये तू सारे संसार में चला जा और इन्क्वायरी करके ला कि क्यों साहब, कैसा होता है भूत? जर्मनी म...
- भूत को क्या करना होता है?...? सारा दिमाग इसी की पूर्ति करने के ताने-बाने बुनने में खरच हो जाता है। बीबी को मर्द तलाश करना पड़ता है...
- भूत कौन-सा वाला?...? झाड़ी वाला। है वहाँ? नहीं है वहाँ। फिर वो कौन है? जो हमारा विश्वास है। आदमी का विश्वास कितना जबरदस्त ...
- भूत क्या होता है?...? कुछ भी नहीं है। भूत के भय से आदमी बीमार पड़ जाते हैं। भूत के भय से आदमी क्यों जान दे देता है? यह बेटे...
- भूत तो पकड़ सकते हैं?...? नहीं पकड़ सकते। हनुमान् जी को पकड़ लेंगे? नहीं, हनुमान् जी भी पकड़ में नहीं आएँगे और रामचंद्र जी तो, ...
- भूत तो पकड़ सकते हैं?...? नहीं पकड़ सकते। हनुमान जी को पकड़ लेंगे? नहीं, हनुमान जी भी पकड़ में नहीं आएँगे और रामचंद्र जी तो, भला ...
- भूत भी भाग जाएगा?...? बेटे! हम कह नहीं सकते, पर मंत्र तो यही हैं। इनमें चमत्कार नहीं आएगा? शब्दों में शक्ति नहीं होती, पर ...
- भूत से आप अनुभव तो इकट्ठा कर सकते हैं, लेकिन चिन्ता भविष्य की कीजिए कि हमको करना क्या है?...? अगर यह सोचते रहेंगे तो मजा आ जाएगा।
जवान आदमी बनिए
बुड्ढे आदमी भूतकाल का वर्णन करते ...
- भूत से आप अनुभव तो इकट्ठा कर सकते हैं, लेकिन चिन्ता भविष्य की कीजिए कि हमको करना क्या है?...? अगर यह सोचते रहेंगे तो मजा आ जाएगा। जवान आदमी बनिए बुड्ढे आदमी भूतकाल का वर्णन करते हैं। बच्चे भविष्...
- भूत-प्रेत है क्या कोई?...? काँपते देखकर उस प्रकाश में बैठे हुए मनुष्य ने आवाज दी—बच्चे डरने की जरूरत नहीं है। तुम किसी विशेष का...
- भूत-बाधा और गृहयोग अशिक्षितों को परेशान कर सकते हैं, समझदार उनकी चाल में कैसे आएगा?...? टोने-टोटके पर वह विश्वास करेगा जिसकी बुद्धि को लकवा मार गया होगा। विवेकशील व्यक्ति परिस्थितियों को स...
- भूतकाल ऐसे मजाक की चीज है?...? मजा की चीज नहीं है। आप ऐसा मत कीजिए। आप वास्तविकता से इतनी दूर रहेंगे, तो फिर वहाँ नहीं पहुँच सकेंगे...
- भूतकाल कैसा रहा है?...? आपको अपनी आँख से कैसा दीखता है? क्या कहूँ मैं आपसे! आपने अपना मकान बना लिया, लड़कों के लिए धन इकट्ठे ...
- भूमिका क्यों बनाते हो?...? ये हैं हमारे सलाहकार, हमारे हितैषी
मित्रो! तब वहाँ हमें पाँच मिनट मिलते थे। और यहाँ? गाँधी ज...
- भूल कहाँ हुई?...? —अपना परिवार तो हमने इतना बड़ा इकट्ठा कर लिया पर उन्हें कुछ मोटी बातें समझा सकने में सफल न हो सके। ह...
- भूल तो नहीं गए?...? इसीलिए जन्म मिला था क्या? जिस काम के लिए जन्म मिला था वही किया क्या? पेट के लिए जितनी जरूरत थी उससे ...
- भूसी कौन सी?...? जिसमें यह पाया जाता है कि अध्यात्म क्या है? बेटे, यह अध्यात्म का खिलवाड़ है छिलका है जूठन का पत्ता है...
- भेड़ की ऊन कटना बन्द हो जाए तब?...? तब फिर जितनी ऊन भेड़ जन्म के समय पर लाई थी, बस उतनी रहेगी। भगवान् देगा ही नहीं। जब भेड़ त्याग करने को ...
- भेड़ के बाल सफेद होते हैं तो कोई भेड़ बूढ़ी होती है क्या, बुजुर्ग होती है क्या, कोई गुरु होती है क्या?...? सफेद बाल वाले बुड्ढे ऐसे बेवकूफ और अहमक पाए गये हैं, जिनको दुनिया का जरा भी ज्ञान नहीं है। वे उलटी ब...
- भेड़िये का प्यार कैसा होता है?...? भेड़िया छोटे बच्चे को बहुत प्यार करता है। कैसे प्यार करता है? यह तलाश करता फिरता है कि खरगोश कहीं से ...
- भेड़ों से पूछा—जैसे हमारे बच्चे बाल बना लेते हैं, आप भी बना लेंगी क्या?...? भेड़ों ने कहा—नहीं हम नहीं बना पाएँगे। उनको अकल नहीं है। आपमें अकल है। आपने शरीर की बाबत ध्यान रखा ...
- भैंसे का पेट कितना बड़ा है?...? गधे का पेट कितना बड़ा है? घोड़े का पेट कितना बड़ा है? परन्तु आदमी का पेट कितना छोटा है। जरा सा है। उसक...
- भैरव जी का मुँह ऐसा क्यों है?...? अरे साहब! इनका मुँह तो ऐसा ही है। अच्छा ये देवी जी जीभ क्यों निकालती हैं? ये तो काट खाएँगी। अरे साहब...
- भैरव जी का मुँह ऐसा क्यों है?...? अरे साहब! इनका मुँह तो ऐसा ही है। अच्छा ये देवी जी जीभ क्यों निकालती हैं? ये तो काट खाएँगी। अरे साहब...
- भोगी से भिन्न प्रकार का स्तर जो है, वह क्या है?...? उसका नाम योगी है।
योगी भगवान के लिए समर्पित होता है और भोगी भगवान को अपने लिए समर्पित कराना चाहत...
- भोजन करते समय मेर्हर ने पूछा-भद्रे बच्चे नहीं दिखाई दे रहे?...? इस पर पत्नी ने कहा-स्वामी कल हम लोग जिस स्त्री से जेवर लाए थे वह आज माँगने आई थी? रवि मेर्हर बोले-दे...
- भोजन करना बीच में ही छोड़कर पूछते, ‘‘बताओ क्या काम है?...? ’’ मुझे अक्सर काम के ही सिलसिले में जाना पड़ता था। मैं चुप रहता, नहीं बताता तो भी खाना बीच में ही छोड़...
- भोजन की व्यवस्था भी की है क्या?...? ’’ हमने कहा, ‘‘जी गुरुजी, हमने सोचा, यदि आपका भोजन करने का मन होगा और अनुमति देंगे, तो हम भोजन भी कर...
- भोजन जैसा भी हो, खराब है तो खराब से क्या करें?...? खराब से ही काम चलायें, लेकिन नहीं साहब! जायका अच्छा नहीं लगता, वहाँ कचौड़ी खायेंगे। मत कीजिए ऐसा। तरह...
- भौंहें कैसी हैं?...? पलकें कैसी हैं? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखाई देती हैं, तो फि...
- भौतिक जीवन की उन्नति करने के लिए हमारा आध्यात्मिक स्तर क्या योगदान कर सकता है?...? यह बहुत बड़ी बात है। लोग-बाग भौतिक जीवन में उन्नति करने के लिए दूसरी चीजों का सहारा लिया करते हैं।...
- भौतिक पहलू यह होता है कि इसकी नाक कैसी है?...? कान कैसे हैं? मुँह कैसा है? दाँत कैसे हैं? ये किस काम आ सकता है? यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम ...
- भौतिक विज्ञान की तुलना में जो अध्यात्म विज्ञान को श्रेष्ठ मानते हैं, उनकी एक जिज्ञासा यह भी रहती है कि वास्तविक स्वरूप और विधान क्या है?...? कहने को तो हर कुंजड़ी अपने बेरों को मीठा बताती है, पर कथनी पर विश्वास न करने वालों द्वारा उपलब्धियों ...
- भौतिक विशेषताओं के बारे में जो मैं जानता हूँ, उसके आधार पर कहा जा सकता है कि भौतिक विशेषताएँ यदि आदमी की बढ़ती हुई चली जायें, तो उससे बर्बादी के अलावा और क्या हासिल हो सकता है?...? मैं कई बार अमेरिका का उदाहरण दिया करता हूँ। बढ़ती हुई भौतिकता के कारण वहाँ के लोगों ने अपनी दिमागी ...
- भौहें कैसी है?...? पलकें कैसी हैं? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखती, केवल-इधर की चीजें ही दिखाई देती हैं तो फिर भीतर...
- भ्रम में पड़े हुए आदमियों के प्रति, पागलों के प्रति हमारा दृष्टिकोण क्या होता है?...? पागल था, गाली दे रहा था। कहाँ था? सड़क पर खड़ा हुआ गाली दे रहा था। आपको भी गाली दी थी? हाँ साहब! हमको ...
- भ्रम-जंजाल में भटकने वालों की इस दुनिया में कमी नहीं, पर वे समय गँवाते, ठोकरें खाते और निराश रहने के अतिरिक्त और कुछ पाते कहाँ देखे जाते है?...? लोगों के समक्ष वे अपने सम्बन्ध में बिना सिर-पैर की शेखी भले ही बघारते रहें?...
- भ्रष्ट और दुष्ट अध्यात्म को लेकर हम चलते हैं और फिर यह उम्मीद करते हैं कि इसके फलस्वरूप हमें वे लाभ मिलने चाहिए, वे चमत्कार मिलने चाहिए और वे सीढ़ियाँ मिलनी चाहिए, वे वरदान मिलने चाहिए?...? हर जगह है अध्यात्म की लाश
साथियो! यह कैसे हो सकता है? नास्तिकता का यह बहुत बुरा तरीका है और...
- भ्रष्टाचार रुक गया?...? रिश्वतखोरी रुक गयी? मिलावट रुक गया। बताइये एक भी पाप रुक गया हो तो जबकि सारे के सारे कानून बने हुए...
- भ्रष्टाचार रुक गया?...? रिश्वतखोरी रुक गयी? मिलावट रुक गया। बताइये एक भी पाप रुक गया हो तो जबकि सारे के सारे कानून बने हुए ह...
- मंघाराम आपको गरम खाना खिलाता है क्या?...? आप जो ये बिस्कुट खाते हैं वह छह महीने पुराना है, जिसे आप बड़े चाव से खा जाते हैं और बीबी को आप कहते ...
- मंजूर हो जायेगा?...? बेटे, हम कह नहीं सकते, शायद हो भी सकता है। गवर्नमेन्ट के यहाँ लोन के लिए दरख्वास्त दीजिए। साथियों ...
- मंत्र किसे कहते हैं?...? ऋषि की वाणी से निकला हुआ वचन मंत्र होता है। मंत्र की बनावट के ऊपर मत जाइए। नहीं साहब! मंत्र तो उसे क...
- मंत्र की शक्ति के बारे में हमने न जाने क्या-से लिखा है?...? गुरुजी! आप तो खंडन करते हैं। हम इसलिए खंडन करते हैं कि आप बेकाम की बातें क्यों मान बैठते हैं? अगर आप...
- मंत्र की शक्ति से?...? हाँ बेटे, मंत्र की शक्ति से सब कुछ सम्भव है। लेकिन मंत्र की शक्ति अनुभव की शक्ति नहीं है अक्षरों ...
- मंत्र कैसा होता है?...? अहा! इसी मंत्र के चक्कर में फिर रहा है धूर्त। अच्छा महाराज जी! बता दीजिए जादू। जादू बता दें तेरा सिर...
- मंत्र क्या था?...? राम नाम का मंत्र था, जिसे जपता हुआ वह पार निकल गया। एक मौलवी साहब कहीं रहते थे। मौलवी साहब से उनके म...
- मंत्र जपना और कर्मकाण्ड नहीं आता तो क्या?...? अनुष्ठान करना नहीं आता तो क्या? शबरी तेरी भक्ति, तेरे सिद्धान्त और तेरे उद्देश्य ऐसे हैं जो कि एक ...
- मंत्र जपने से देवता मिल सकते हैं, स्वर्ग मिल सकता है, तो फिर गुरुजी का आशीर्वाद क्यों नहीं मिल सकता?...? जीभ से सब चीजें मिल सकती हैं। हाँ, महाराज जी! जीभ की नोंक हिलाइए फिर देखिए, क्या करामात आती है। ...
- मंत्र जपने से देवता मिल सकते हैं, स्वर्ग मिल सकता है, तो फिर गुरुजी का आशीर्वाद क्यों नहीं मिल सकता?...? जीभ से सब चीजें मिल सकती है। हाँ, महाराज जी! जीभ की नोंक हिलाइए फिर देखिए, क्या करामात आती है? हाँ ब...
- मंत्र दीक्षा ली होगी पर क्रिया के रूप में वे उतार पाए क्या?...? मैं समझती हूँ, अधिकांश नहीं उतार पाए। लेकिन उन्होंने जिस दिन से अपनी दीक्षा का दिन माना और अपना नया ...
- मंत्र में और शब्दों में क्या फरक होता है?...? केवल एक ही फरक पड़ता है कि मंत्र को उच्चारित करने के लिए साधक की वाणी, साधक का व्यक्तित्व, साधक का च...
- मंत्र लेकर क्या करूँ?...? जप किया कर ॐ नमः शिवाय, ॐ नमः शिवाय। नमः शिवाय से क्या हो जाएगा? सारे विश्व में तेरा यश हो जाएगा और ...
- मंत्र सफल हुए थे?...? हाँ बेटे! उनकी जीभ से बोले गए मंत्र सफल हुए थे।
मंत्रों में सामर्थ्य आती है तप से
...
- मंत्र से फिर क्या फायदा होगा?...? मंत्र से बस, इतना ही फायदा होगा कि आप उतने समय तक खराब काम करने से रुके रहेंगे, बुरे काम नहीं करेंगे...
- मंत्र से फिर क्या फायदा होगा?...? इससे बस, इतना ही फायदा होगा कि आप उतने समय के लिए खराब काम करने से रुके रहेंगे, बुरे काम नहीं करेंगे...
- मंत्रों के चमत्कार कहाँ से आते हैं?...? मंत्रों के चमत्कार आदमी के भीतर से आते हैं। पेड़ जो आपको बाहर खड़ा दिखाई पड़ता है, कहाँ से आता है? प...
- मंत्रों के चमत्कार कहाँ से आते हैं?...? मंत्रों के चमत्कार आदमी के भीतर से आते हैं। पेड़ जो आपको बाहर खड़ा दिखाई पड़ता है, कहाँ से आता है? पेड़ ...
- मंत्रों से जो चमत्कार हमें बतलाया गया था, वह हमें मिला कहाँ?...? मैं यह चाहता हूँ कि आपको इतने साल उपासना करते हो गये, आपने लाभ क्यों नहीं प्राप्त किया? लोग कहते हैं...
- मंथरा की कैसी मिट्टी पलीद हुई?...? आपने पढ़ा होगा। इसी तरह तपस्वी कुंभकरण ब्रह्माजी से यह वरदान माँगने को था कि मैं साल भर में एक दिन ...
- मन्दिर बनाकर ताला लगा देंगे, तो कैसे काम चलेगा?...? इसलिए एक कार्यकर्ता निवास अवश्य बनाना होगा। दूसरा एक हॉल बना दिया जाए, जिसमें हवन, सत्संग के कार्य...
- मन्दिर में कोई सिगरेट पीता है?...? मन्दिर में कोई सिगरेट मत पीना। साहब! हमको सिगरेट पीने की आदत है। आदत है, तो बेटे! मन्दिर के बाहर पीना।...
- मन्दिर में कोई सिगरेट पीता है?...? मन्दिर में कोई सिगरेट मत पीना। साहब! हमको सिगरेट पीने की आदत है। आदत है, तो बेटे! मन्दिर के बाहर पीना।...
- मन्दिर में नौकर से काम चलेगा क्या?...? आप समझते नहीं हैं। क्या ये बच्चे आपके नौकरों के या आया के पेट में से पैदा हुए हैं, जो आपके बच्चों को...
- मन्दिरों का इमारती मूल्य और स्थिर पूँजी दोनों को मिलाकर कितना धन हो जाता है?...? यदि इसका हिसाब लगाया जाए तो धनराशि खरबों में जाएगी। यह सामर्थ्य व्यर्थ नष्ट न हो इतनी विशाल जनशक्ति ...
- मन्दिरों की शक्ति भौतिक विकास में खरच नहीं की जानी चाहिए, न की जाए, पर बौद्धिक, भावनात्मक सांस्कृतिक एवं नैतिक कार्यक्रम भी क्या कम हैं?...? देश को इन दिशाओं में भी अभी बहुत काम करना है। देश जिस आर्थिक एवं भौतिक दृष्टि से पिछड़ा हुआ है उससे अ...
- मंशा देवी पर क्या किया?...? मंशा देवी से अपनी मनोकामना पूरी कराने के लिए प्रार्थना की। आपकी क्या माँग थी? साहब! पंद्रह पैसे की ए...
- मकसद क्या है?...? उद्देश्य क्या है?एक दिन हमने आपको गायत्री मंत्र के बारे में, ज्ञान की देवी के बारे में बताया था।...
- मकान आप किसलिए बनाते हैं?...? आज तो आप धर्मशाला में भी रह सकते थे। होटल में भी रह सकते थे, परन्तु यही तो विचार करते हैं कि कल हम र...
- मकान आप किसलिए बनाते हैं?...? आज तो आप धर्मशाला में भी रह सकते थे, होटल में भी रह सकते थे। पर यही तो विचार करते हैं] कल हम रहेंगे ...
- मकान किसने बनाया?...? हमारी मशक्कत ने। कारखाने कौन बनाता है? हमारी मशक्कत बनाती है। मशक्कत से क्या मतलब है? शरीर से। श्रम ...
- मकान था क्या?...? नहीं था। कपड़ा था क्या? नहीं था। नंग-धड़ंग मरघट में पड़े रहते थे। उनके अपने घर में तो लक्ष्मी है नही...
- मकान था क्या?...? नहीं था। कपड़ा था क्या? नहीं था। नंग- धड़ंग मरघट में पड़े रहते थे। उनके अपने घर में तो लक्ष्मी है नही...
- मक्कारी कैसे करेंगे?...? चीट कैसे करेंगे? धोखा कैसे करेंगे? आपके साथ में बुरा व्यवहार कैसे करेंगे? आप राम हैं—हम कैसे कर सकते...
- मक्खियाँ गयीं, उन्होंने कहा—हमारी रानी मक्खी ने यह पूछा है कि आप हमको क्यों सिखाने आये हैं?...? मच्छर ने कहा कि मैं इसलिए सिखाने आया हूँ, बात यह है कि मुझे बहुत मेहनत करनी पड़ती है और बहुत भाग-दौड़ ...
- मक्खियों से अगर आप नहीं लड़े तब?...? तो मक्खियाँ आपकी सब चीज को जहरीली कर देंगी और मुसीबत पैदा कर देंगी। मच्छरों को आप भगाने का इन्तजाम न...
- मगर कैसे दिखायेंगे?...? ये प्रतीकों के पीछे पागल हो गए हैं। प्राण भरना पड़ेगा। श्रद्धा भरनी पड़ेगी।...
- मगर यह क्या कह रहे हैं?...? उनको आबाद, इनको बरबाद? शिष्यों की शंका का समाधान उन्होंने किया और यह कहा—"देखो! जो गन्दगी है, वह ढकक...
- मगर यह शक्ल खींची किसने?...? लड़का बोला-मेरे स्कूल में स्याही, कागज, रंगीन पेंसिलें सब कुछ रखा है आप तो जानते हैं प्रकृति में हलचल...
- मगर वह समय कौन-सा होता है?...? वह असामान्य समय होता है जब भगवान पुकारता है और सामान्य समय वह होता है, जब मनुष्य भगवान को पुकारता है...
- मगर हैं छह?...? छह मगरों ने चार टाँगें पकड़ रखी हैं और एक-एक हमारी पूँछ पकड़ रखी है। एक हमारी सूँड़ पकड़ रखी है। गज तो ...
- मच्छर और बन्दर कौन होते हैं?...? बन्दर और मच्छर वो होते हैं, जिनके सामने दो मकसद हैं। उन दो मकसदों से हम पहचान सकते हैं कि ये जानवर है...
- मच्छर-मक्खी क्या हैं?...? कीड़े क्या हैं? कुछ भी नहीं, गन्दगी की प्रतिक्रिया हैं। अगर गन्दगी बनी रहेगी तो मच्छर जरूर पैदा होंगे।...
- मच्छरों को आप भगाने का इन्तजाम न करें तब?...? तब मच्छर आपको काट खाएँगे और सारे शरीर को मलेरिया से ग्रसित कर देंगे। खटमल देखते हैं न! पिस्सुओं को आ...
- मछलियों ने कहा कि आपके घर में तालाब या नदी है क्या?...? नहीं तो हम नहीं जा सकते हैं, हमारा गुजारा बिना पानी के नहीं हो सकता है। इसी तरह एक दिन स्वाति नक्षत्...
- मछलियों में पारे का अंश कहाँ से आया?...? अधिक बारीकी से पता लगाया गया तो मालूम हुआ कि उस झील के किनारे लगे हुए कारखानों से जो औद्योगिक रसायन ...
- मजदूरी क्यों करेगा?...? नौकरी क्यों करेगा? जिस आदमी के हाथों नुस्खा लग गया है कि हमारे पाप तो गंगाजी में डुबकी मारने के बा...
- मजदूरी हो तो क्या?...? कोई भी काम क्यों न हो, अगर मनुष्य ऊँचे दृष्टिकोण से करे, अच्छे दृष्टिकोण से करे, तो वह छोटा सा काम—छ...
- मजनू ने कहा मैं क्या दूँ?...? उन्होंने कहा डाक्टरों ने ये कहा है लैला के नसों में खून का एक प्याला चढ़ाया जाएगा। आप अपना खून देंगे ...
- मजनूँ ने कहा—मैं क्या दूँ?...? बाँदी ने कहा—डॉक्टरों ने यह कहा है कि लैला की नसों में खून का एक प्याला चढ़ाया जाएगा, आप अपना खून दें...
- मजबूरी में आदमी न जाने क्या-क्या कर देता है?...? बेटे, आज ये परिस्थितियाँ हमारे सामने अस्वाभाविक हैं। इनका समापन होने की, सुधार होने की आवश्यकता है। ...
- मजा आ जाएगा, फिर आप देखेंगे कि आध्यात्मिकता के सिद्धान्त गलत हैं क्या या सही हैं?...? फिर आप देखेंगे कि ऋद्धियों और सिद्धियों के बारें में जो बातें कही जाती रही हैं, वो बातें गलत हैं कि ...
- मजा तो सिगरेट पीने में भी नहीं आता था, पर उससे क्या?...? यह सिलसिला कुछ दिन तक चला, अचानक एक दिन विचार उठा कि ऐसा काम क्यों करना, जो बड़ों से छिपाना पड़े और जि...
- मजा नहीं, इनका उपयोग कैसे हो सकता है?...? जब यह बात आपकी और हमारी समझ में आ जायेगी, तो मित्रो! शरीर के प्रति हमारा फर्ज और हमारा धर्म पूरा ह...
- मतलब क्यों नहीं समझा?...? मतलब समझना चाहिए था। मतलब समझने के बाद में जप करना चाहिए था। लेकिन हम मतलब छोड़कर बाह्य रूप को पक...
- मथानी को गरदन तक भर दिया गया हो तो बिलोने पर जो उथल-पुथल होती है उसके लिए स्थान कैसे मिले?...? पेट के खाली रहने पर ही पाचन की गुंजायश रहती है। सीमित रस-स्राव होने पर सीमित मात्रा का आहार ही पचता ...
- मथुरा, वृन्दावन में क्या हो गया?...? हजारों ऐसे मन्दिर पड़े हुए हैं, जिन पर यह बोर्ड लगे हुए हैं—‘‘रिपेयर बाइ म्युनिसपल बोर्ड’’, जिसमें क...
- मदद नहीं करेंगे?...? जाग्रत आत्माओं को आपत्तिकाल ने पुकारा है कि आप राहत-कार्यों के लिए मदद कीजिए। राहत-कार्य केवल बाढ़ और...
- मदालसा के बेटे आप नहीं बन सकते?...? कुन्ती के बेटे बनने में आपको शर्म आती है, बताइए? सीता के बेटे अगर आप बन जाएँ, तो क्या हर्ज है आपको? ...
- मधूलिका ने कहा—"को वेदानुद्धरिश्यसि" अर्थात् वेदों का उद्धार कौन करेगा?...? कुमारिल का ब्रह्म तेज जाग पड़ा। उन्होंने उत्तर दिया—"मा विषीद बकारोहे भट्टाचार्योऽसि भूतले" भद्रे ! ...
- मन आपका बड़ा नहीं है, व्यक्तित्व आपका बड़ा नहीं है, संस्कार आपके बड़े नहीं हैं तो बड़प्पन का स्थायित्व कैसे रह पायेगा?...? सारी जिन्दगी आपकी इन कामों में खतम हो गई है। अब आप कृपा कीजिए। अपनी जिन्दगी में कुछ नये काम शामिल कर...
- मन आपका बड़ा नहीं है, व्यक्तित्व आपका बड़ा नहीं है, संस्कार आपके बड़े नहीं हैं, तो बड़प्पन कैसे आ जाएगा?...? सारी जिन्दगी आपकी इन तीनों कामों में खत्म हो गई है। अब कृपा कीजिए, अपनी जिन्दगी में कुछ नये काम शामि...
- मन ऐसा भला आदमी है, अच्छे कामों में लग जायेगा?...? नहीं, लगेगा ही नहीं मन। मन की कुसंस्कार उसके ऊपर जमा हुए हैं। आप ये उम्मीद करते हैं कि आपका मन अच्छ...
- मन कहाँ गया था?...? अपने भगवान् के पास गया था। आपने भगवान् की शकल बना दी थी सिनेमा के रूप में, ताश के रूप में, चौपड़ के र...
- मन कहाँ लगता है?...? क्यों साहब! दुकानदारी में मन लगता है? हाँ साहब! दुकानदारी में लगता है। सबेरे चाय की दुकान खोलते है...
- मन का संयम करना बताइये?...? बेटे, मन का संयम करने के लिए मालिकी छोड़ माली बन जा। मालिकी छोड़ देगा तो तेरी सारी की सारी क्रियाओ...
- मन कितना आह्लादित हो जाता होगा?...? सहज ही कल्पना कर सकते हैं।सन् 1971 में पूज्य गुरुदेव साधना हेतु हिमालय चले गये थे। उन दिनों में 30-1...
- मन की खुशी क्या है?...? यह जो कुछ देखने का माद्दा हम लोगों को है कि शरीर क्या माँगता है। इन्द्रियाँ क्या माँगती हैं- हमको ...
- मन की सेवा?...? आदमी के उज्ज्वल भविष्य की सेवा? ये तो सेवा केवल ज्ञान से ही बन सकती है। लेकिन ज्ञान भी अपूर्ण है। आद...
- मन के अन्दर की क्षुद्रता ने कहा—नहीं गधे का क्या है?...? यह तो एक नीच प्राणी है। भगवान को गंगाजल चढ़ाइये। अन्दर के देवता ने कहा—नहीं ऐसा नहीं हो सकता। हमारे ...
- मन के अन्दर की क्षुद्रता ने कहा—नहीं गधे का क्या है?...? यह तो नीच प्राणी है। भगवान को गंगाजल चढ़ाइए। अन्दर के देवता ने कहा—नहीं, ऐसा नहीं हो सकता। हमारे साम...
- मन के विकृत होने से जिन्दगी कैसे खराब हो जाती है और मन को काबू में लाने से मनुष्य कैसे मुक्त हो जाता है?...? ‘मन एव मनुष्याणां करणं बन्ध मोक्ष्यये’—यह मन ही है तो हमको बाँधता है और यही हमको मुक्त भी बना देता ह...
- मन कैसे जा सकता है?...? मन हमारा है कि हम मन के हैं? मन के साथ में लड़ते-लड़ते मन को पीट-पीटकर इस लायक बना दिया है कि हम जहा...
- मन कैसे लगाएँ?...? बेटे, मैं यही तो समझा रहा था। प्रत्येक क्रिया के साथ क्या संकेत जुड़े हुए हैं, क्या शिक्षण भरा हुआ ह...
- मन कैसे लगाएँ?...? बेटे, मैं यही तो समझा रहा था। प्रत्येक क्रिया के साथ क्या संकेत जुड़े हुए हैं, क्या शिक्षण भरा हुआ है...
- मन को एकाग्र करके फिर क्या करना पड़ता है?...? उसे किसी दिशा में बढ़ा देना पड़ता है, जिससे कि हमको अभीष्ट परिणाम प्राप्त हो सके। ध्यानयोग का एक तरी...
- मन को एकाग्र करके फिर क्या करना पड़ता है?...? उसे किसी दिशा में बढ़ा देना पड़ता है, जिससे कि हमको अभीष्ट परिणाम प्राप्त हो सके। ध्यानयोग का एक तरीका...
- मन को साधने की विधा बता दीजिए?...? बेटे, मन को साधने की एक ही विधा है कि अपने अन्न को संशोधित कीजिए, अपने आहार को संशोधित कीजिए। आहार...
- मन क्या कोई ऐसा भला आदमी है, जो अच्छे कामों में लग जाएगा?...? नहीं लगेगा, क्योंकि मन के ऊपर कुछ कुसंस्कार जमे हुए है। आप यह उम्मीद करते हैं कि आपका मन अच्छे कामों...
- मन क्या है?...? घोड़ा है। अगर इसकी लगाम आपके हाथ में है, तो जिधर चाहेंगे, वह उधर ही चलेगा और बिना लगाम का जहाँ मन हो...
- मन तो आपका गुलाम हो गया है, गिरवी रखा हुआ है, लगेगा कैसे?...? लगेगा किसके पास? आपका भगवान कौन है? कोई आपका रिश्तेदार है भगवान? साला है? भगवान आपका कोई नहीं है। ...
- मन तो होता है, पर हम कैसे जा सकते हैं?...? आपकी ये बात वो बात सब तराजू में तौलते हैं, तो मालूम पड़ता है न रिक्शे वाला फायदे में है और न ये पुजार...
- मन बदलने से क्या होगा?...? मन बदलने से व्यक्ति की समस्याएँ और समाज की परिस्थितियाँ दोनों बदल जाएँगी। हमने आपको कितनी बार बताया ...
- मन भला आदमी है कोई, कहने से मानता है क्या?...? न किसी का मन कहने से माना नहीं है। मन नहीं लगता, मन को लगाइये, फिर मन नहीं लगता। मन ऐसा भला आदमी है,...
- मन भला आदमी है क्या, जो कहने से मान जाता है?...? नहीं, किसी का मन कहने से माना नहीं है। आप सबको यही शिकायत रहती है न कि हमारा मन नहीं लगता। तो फिर मन...
- मन भागेगा नहीं तो क्या करेगा?...? नहीं साहब! मन भागना नहीं चाहिए। बेटे, मन भागेगा नहीं तो क्या करेगा? भागना तो उसकी आदत है। उसकी तो बन...
- मन भागेगा नहीं तो क्या करेगा?...? नहीं साहब! मन भागना नहीं चाहिए। बेटे! मन भागेगा नहीं तो क्या करेगा? भागना तो उसकी आदत है। उसकी तो बन...
- मन मजबूत हो तो साथियों की तलाश क्यों करनी पड़े?...? उनके न मिलने पर एकाकीपन का डर क्यों लगे? जंगली पशु-पक्षी अकेले रहते हैं। उनके लिए तो हिंस्र पशु-पक्ष...
- मन में ऐसा विचार कई बार आता है कि व्यापक शक्तियों की शक्ल क्यों कर बनाई गयी?...? शक्लें बनाने के बारे में जब प्रश्न सामने आता है, तो उसका एक ही उत्तर आता है कि हिन्दू धर्म कलाकारो...
- मन में नाना प्रकार की इच्छायें, कामनायें रहती हैं, पर बुद्धि उनका निर्णय करती है कि कौन-सी इच्छा प्रकट करने योग्य है, कौन-सी दबा देने योग्य है?...? इसे बुद्धि जानती है और वह सभ्यता, लोकाचार, सामाजिक नियम, धर्म, कर्तव्य, असम्भव आदि का ध्यान रखते ह...
- मन में प्रश्न उठते रहे कि जिस प्रकार मानव दिनों दिन सम्वेदना विहीन होता जा रहा है, मानवता की रक्षा कैसे होगी?...? गुरुदेव तो अन्तर्यामी थे। एक मुलाकात में उन्होंने कहा-‘‘युग को मैं बदल दूँगा। प्रज्ञावतार की विराट ल...
- मन में भाव आया कि मरना तो एक दिन सभी को है, कोई बात नहीं, लेकिन यदि हम मर गये तो फिर बच्चे बनकर भगवान का काम कैसे कर पायेंगे?...? जैसे ही आग बुझी मुझे ऐसा अनुभव हुआ जैसे तीव्र प्रकाशमय सूर्य मेरे अन्दर समा गया हो।
इधर जो लोग उस स...
- मन लगा के परिश्रम करें तब?...? मन लगा के परिश्रम करने और बिना मन के परिश्रम करने में जमीन-आसमान का फर्क है। बिना मन के परिश्रम करने...
- मन लगाने से क्या मतलब है?...? मन लगाने से मतलब यह है कि मन भागना नहीं चाहिए और उपासना में लगना चाहिए। महाराज जी, यही तो हमको शिकाय...
- मन लगाने से क्या मतलब है?...? मन लगाने से मतलब यह है कि मन भागना नहीं चाहिए और उपासना में लगना चाहिए। महाराज जी, यही तो हमको शिकाय...
- मन लगाया तो मन नहीं लगा?...? शरीर कहीं लगा और मन कहीं लगा। दोनों को आपने एक साथ मिला दिया होता, तो वे जीवन में चमत्कार दिखाते। आप...
- मन लगेगा भी कैसे?...? आपने कभी मस्तिष्क को काम दिया था? नहीं, मस्तिष्क को तो कोई काम नहीं दिया। हाथों को काम दिया है। पैरो...
- मन से काम करना सीखना होगा, मशक्कत से काम करना सीखना होगा और बेटे मैं किसके सम्बन्ध में बताऊँ?...? धन के सम्बन्ध से लेकर तू प्रतिभा-प्रतिष्ठा तक कहीं भी चला जा, परिश्रम करने वाले को ही सफलता मिलती है। ...
- मन से काम करना सीखना होगा, मशक्कत से काम करना सीखना होगा और बेटे मैं किसके सम्बन्ध में बताऊँ?...? धन के सम्बन्ध से लेकर तू प्रतिभा, प्रतिष्ठा तक कहीं भी चला जा। परिश्रम करने वाले को ही सफलता मिलती ह...
- मन से कैसे लड़ना चाहिए?...? मन के विकृत होने से जिन्दगी कैसे खराब हो जाती है और मन को काबू में लाने से मनुष्य कैसे मुक्त हो जाता...
- मन से बालक कहाँ जाएगा?...? मन से तो बालक अपनी माँ की गोद में खेलेगा, अपनी माँ के आँगन में खेलेगा और अपनी माँ के हृदय में रहेगा।...
- मन से मुक्ति किसे कहते हैं?...? मन से मुक्ति किसे कहते हैं? मन से मुक्ति कुछ और होती है, मन से मुक्ति, मन से मुक्ति कुछ और है, मन से...
- मन से मुक्ति कुछ और होती है, मन से मुक्ति, मन से मुक्ति कुछ और है, मन से मुक्ति क्या है?...? बन्धनों से मुक्ति, बन्धनों से मुक्ति क्या? बन्धनों से मुक्ति ये कि (हम) जिस तरीके से हमारी विचारणाएँ...
- मन हमारा है कि हम मन के हैं?...? मन के साथ में लड़ते-लड़ते मन को पीट-पीटकर इस लायक बना दिया है कि हम जहाँ चाहते हैं, वहीं मन लगता है,...
- मन हुआ कि उनसे पूछूँ कि हमसे क्या गलती हुई है?...? हमारे ऊपर, क्यों इतने कष्ट आ पड़े हैं? पर वह तो आँख ही नहीं उठाते, उनकी कलम ही नहीं रुक रही। काफी देर...
- मनः शक्तियों के विकास में साधना उपचार किस प्रकार सहायक सिद्ध होते हैं?...? ऋषिकालीन आयुर्विज्ञान का पुनर्जीवन कर शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य को कैसे अक्षुण्ण बनाया जा सकता है...
- मनःकल्प आप किस तरह करें?...? इस तरह कीजिए कि आपका क्षुद्रता का दायरा, महानता के दायरे में बदल जाए। आपका दाया बहुत छोटा है। कूपमण्...
- मनःशक्तियों के विकास में साधना उपचार किस प्रकार सहायक सिद्ध होते हैं?...?...
- मनःस्थिति बदल जाने के खाद में परिस्थितियाँ क्यों नहीं बदलेंगी?...? पहले जिससे लोग नफरत करते थे, उसी को सब प्रणाम करने लगे। मस्तक झुकाने लगे और न जाने क्या-क्या करने लग...
- मनःस्थिति बदलने के बाद, परिस्थिति किस तरह बदल गई?...? कायाकल्प यही है। फिर कायाकल्प में करना क्या पड़ता है? इसके लिए एक उदाहरण मैं आपको सुनाऊँगा। यह उदाहरण...
- मनःस्थिति बदले जाने के बाद में परिस्थितियाँ क्यों नहीं बदलेंगी?...? पहले जिससे लोग नफरत करते थे, उसी को सब प्रणाम करने लगे, मस्तक झुकाने लगे और न जाने क्या-क्या करने लग...
- मनन क्या है?...? मनन के भी दो हिस्से हैं। जिस तरह चिन्तन के दो हिस्से हैं, उसी तरह मनन के भी दो हिस्से हैं। इनमें से ...
- मनसा देवी के पास किस काम के लिए गये थे?...? ठीक है आप अपनी मंसा पूरी कराने के लिए मनसा देवी के पास गये थे। हर आदमी अपनी मनोकामनाएँ लेकर के साईंब...
- मनसा देवी से क्या माँगने गए थे?...? पैसा। धत् तेरे की। पैसे के लिए मनसा देवी या मनसा देवी के लिए पैसा? नहीं साहब। पैसे के लिए मनसा देवी।...
- मनस्वी की पहचान एक है—सिर्फ एक—कि वह अपनी महत्त्वाकांक्षाओं की धुरी बदल दे?...? अभी तो चौबीसों घण्टे यही राक्षस हमारे ऊपर हावी बना रहता है कि हमारी महत्त्वाकांक्षाएँ, हमारा अहंकार र...
- मनस्वी कैसे होते हैं?...? मनस्वी ऐसे होते हैं जो मन के गुलाम नहीं होते, वरन् मन के स्वामी होते हैं। मन के स्वामी का नाम है मनस...
- मनस्वी से क्या हो जाएगा?...? बेटे, मनस्वी से ऐसा हो जाएगा कि इनसान के भीतर जो हम ख्वाब देखते हैं कि देवता का उदय होना चाहिए तो उस...
- मनहूस कैसा होता है?...? जैसे—पापा। पापा किसे कहते हैं? मनहूस को। पापा जब घर में घुसेगा तो सब पर हावी होता चला जाएगा। बीबी पर...
- मनहूस कैसा होता है?...? जैसे-पापा। पापा किसे कहते हैं? मनहूस को। पापा जब घर में घुसेगा तो सब पर हावी होता चला जाएगा। बीबी पर...
- मना करते-करते दोनों पैरों की अच्छी खासी धुनाई हो गई गुरु ने कहा-मूर्खों देखते नहीं पैर दायें-बायें हैं तो क्या?...? हैं तो वह मेरे ही शरीर के अंग। पास ही खड़े अन्य सन्त ने अपने शिष्यों से कहा-तात मनुष्य शरीर की भाँति स...
- मना नहीं करता बेटे, मैं तो यह कहता हूँ कि दान देने के तरीके क्या होने चाहिए?...? दान वह होना चाहिए, जिससे दूसरे आदमी के व्यक्तित्व का विकास होता हो। पैसा भी देना चाहते हैं, तो भी आप...
- मनीआर्डर थे नहीं, बैंक थी नहीं, चेकबुक थी नहीं, फिर कौन भेजे और कहाँ से भेजे?...? सब वहीं से इंतजाम होता था। भगवान् बुद्ध उनके अध्यापकों को एक, विद्यार्थियों का दो, न केवल रहने का, व...
- मनीषा कैसी होती है?...? मनीषा ऐसी होती है जैसी कि बुद्ध के भीतर से पैदा हुई थी।बुद्ध ने जमाने को देखा था। बड़ा वाहियात जमाना,...
- मनु अस्वस्थ हो गए, तो प्रश्न उठ खड़ा हुआ कि अब इस यज्ञ का संचालन कौन करे?...? उस समय सारे विद्वानों ने एक स्वर से मनु की पुत्री इला को प्रमुख आचार्य घोषित किया। उन्हीं ने इतना बड...
- मनुष्य का आध्यात्मिक विकास इस बात में नहीं कि उसके पास धन कितना है, ऐय्याशी और विलासिता के साधन कितने हैं?...? ये मनुष्य की महानताएँ या प्रगति की निशानियाँ आदमी के अन्दर की हिम्मत और जीवट है, जिसके आधार पर आदमी ...
- मनुष्य की चेतना, जिसको हम विचारणा कह सकते हैं, किस आदमी का विचार करने का क्रम कैसा है?...? बस, असल में वही उसका स्वरूप है। आदमी लंबाई-चौड़ाई के हिसाब से छोटा नहीं होता, वरन जिस आदमी के मानसिक...
- मनुष्य की चेतना, जिसको हम विचारणा कह सकते हैं, किस आदमी का विचार करने का क्रम कैसा है?...? बस, असल में वही उसका स्वरूप है। आदमी लंबाई-चौड़ाई के हिसाब से छोटा नहीं होता, वरन जिस आदमी के मानसिक ...
- मनुष्य की जिम्मेदारियाँ क्या हैं?...? मनुष्य की वे जिम्मेदारियाँ जो जीवात्मा की जिम्मेदारी है। भगवान् के उद्देश्यों को लेकर के मनुष्य को प...
- मनुष्य की बुद्धि उन मान्यताओं को अपनाकर किस सीमा तक अनाचरण पर उतर सकती है?...? इसकी आज तो एक झाँकी भर मिल रही है। वह दिन दूर नहीं जब इस अभिनव प्रतिपादन के परिपूर्ण में रूप होने पर...
- मनुष्य की सबसे बड़ी आवश्यकता क्या है?...? ज्ञान। ज्ञान न हो तब? ज्ञानविहीन होने की वजह से चेतन होते हुए भी सब प्राणियों को निचले दर्जे में गिन...
- मनुष्य की हड्डी कैसे को सकती है?...? यह कौन बताएगा? यह बात डॉक्टर अपनी प्रयोगशाला में बताएगा। इसी तरह हम अपनी प्रयोगशाला में ले जाकर कह स...
- मनुष्य की हड्डी कैसे हो सकती है?...? यह कौन बताएगा? यह बात डॉक्टर अपनी प्रयोगशाला में बताएगा। इसी तरह हम अपनी, प्रयोगशाला में ले जाकर कह ...
- मनुष्य के गौरव-गरिमा में कोई कमी आ गई?...? नहीं, कोई कमी नहीं आई। उन्होंने वह आधार हटा दिया तो भी भगवान को मानने से इनकार कर दिया तो भी कोई कमी...
- मनुष्य के गौरव-गरिमा में कोई कमी आ गई?...? नहीं, कोई कमी नहीं आई। उन्होंने वह आधार हटा दिया तो भी, भगवान को मानने से इनकार कर दिया तो भी, कोई क...
- मनुष्य के जीवन में बढ़कर और क्या हो सकता है?...? आप दूसरे प्राणियों पर नजर डालिए न। कोई नंगा फिर रहा हैं, किसी के खाने का ठिकाना नहीं हैं, कोई कहीं ह...
- मनुष्य के जीवन से बढ़ के और क्या हो सकता है?...? आप दूसरे प्राणियों पर नजर डालिये न। सब बिचारे किस तरीके से, कोई नंगा फिर रहा है, किसी को खाने का ठिक...
- मनुष्य के लिए कुछ भी कितना ही कठिन हो सकता है, पर जिसने आकाश में असंख्य ग्रह-तारक झाड़-फानूस की तरह अधर में लटका रखे हैं, उसके लिए किसी सदाशयता भरे प्रयोजन को पूरा कर सकना कैसे कुछ कठिन हो सकता है?...? छोटा आरम्भ उपहासास्पद तो लगता है, फिर भी इस सम्भावना को नकारा नहीं जा सकता कि वह कुछ ही समय में कहीं...
- मनुष्य को कौन-कौन विचलित करता है?...? मोह और लोभ करता है। लोभ से वे हजारों-लाखों कोस, करोड़ों कोस दूर हैं। उनमें कोई भी किसी भी अक्स में ल...
- मनुष्य को ज्यादा क्यों?...? गधे को कम क्यों? बन्दर को कम क्यों? लोमड़ी को कम क्यों? ऐसे शरीफ बाप को बेइंसाफी नहीं करनी चाहिए। हर ब...
- मनुष्य को मार डालना भी कोई बड़ी बात है?...? देवता अजातशत्रु होते हैं। मैं चाहता हूँ कि आपको देवता बना दूँ तो मेरा शिविर पूरा हो जाए और हमारा आपक...
- मनुष्य को मार डालना भी कोई बड़ी बात है?...? देवता अजातशत्रु होते हैं। मैं चाहता हूँ कि आपको देवता बना दूँ तो मेरा शिविर पूरा हो जाए और हमारा आपक...
- मनुष्य क्या है?...? इसका विश्लेषण करने पर पता चलता है कि आदमी की जैसी मान्यताएँ, जैसा विश्वास, जैसी श्रद्धा होती है,...
- मनुष्य गिरता तो है ही, गिरने में क्या दिक्कत है?...? मन की बनावट ही ऐसी है। इसके अन्दर जन्म-जन्मान्तरों के पशुवत् संस्कार चौरासी लाख योनियों में घूमने के...
- मनुष्य जब भगवान से जुड़ जाता है, तो क्या हो जाता है?...? वह भगवान हो जाता है। आदमी अगर सही माने में भगवान से जुड़ा है, तो भगवान से कम कैसे हो सकता है? चलिए उ...
- मनुष्य जैसा अद्भुत प्राणी जिसने सृजा, जिसके नायकत्व में संसार की सारी व्यवस्था चलती है; वह जो योजना बनाए, वह अधूरी कैसे रहेगी?...? उसके संकल्प एवं नियोजन में प्रतिरोध कौन खड़ा करेगा?महत्त्वपूर्ण कार्य भगवान् करते हैं और उसके श्रेय ...
- मनुष्य डर गए थे कि कहीं राक्षस हमें मार डालेंगे तो हम क्या करेंगे?...? राक्षस हमारी जमीन छीन लेंगे तो हम क्या करेंगे? राक्षस हमसे अगर यह कहेंगे कि आप अपनी चाल बदल लीजिए तो...
- मनुष्य ने उस पर विश्वास किया कि नहीं, जो सुना था?...? जो सुना था, उस पर विश्वास किया तो उसके लिए कुछ त्याग करने के लिए, कुछ कष्ट सहने के लिए, कुछ आगे कदम ...
- मनुष्य बनेंगे नहीं तो क्या करेंगे?...? मनुष्य प्यार का भूखा है। जहाँ उसको प्यार मिलता है वहीं उसकी गोदी में चला जाता है। आप प्यार पैदा करिए...
- मनुष्य में उसकी सम्वेदना उत्पन्न हुई कि नहीं?...? मनुष्य ने उस पर विश्वास किया कि नहीं, जो सुना था? जो सुना था, उस पर विश्वास किया तो उसके लिए कुछ त्य...
- मनुष्य में देवत्व की झाँकी कैसे कर सकते हैं?...? व्यक्ति को श्रेष्ठ मनुष्य कैसे बना सकते हैं? यह सारी की सारी ब्रह्मविद्या की शिक्षा, ब्रह्मतेज की ...
- मनुष्य में से देवता उदय होगा तो कैसा होगा?...? मनुष्य में से देवता उदय होने से सिर्फ एक बात होगी कि आदमी की महत्त्वाकांक्षाएँ बदल जाएँगी। आदमी की ख...
- मनुष्य यह कैसे हो गया?...? यह उसकी बुद्धि का चमत्कार, विचारों का चमत्कार का प्रतिफल है।कैसा वह सौभाग्य का दिन रहा होगा, जब अन्य...
- मनुष्य यह निश्चयपूर्वक नहीं कह सकता कि जिस वक्त, जिस क्षण और जिस पल को यों ही व्यर्थ में खो रहा है, वह ही क्षण—वह ही वक्त—उसके भाग्योदय का वक्त नहीं है?...? क्या पता जिस क्षण को हम व्यर्थ समझकर बरबाद कर रहे हैं, वह ही हमारे लिए अपनी झोली में सुन्दर सौभाग्य ...
- मनुष्य शूद्रता की सीमा से निकल करके जिस दिन ये प्रतिज्ञा लेता है, व्रत लेता है कि मैं आज से मनुष्य होकर के जिऊँगा; उस दिन का समारोह?...? आत्मा और परमात्मा के साथ मिलने का विवाह जैसा समारोह होता है। उस दिन को मनुष्य जीवन में प्रवेश करने व...
- मनुष्य होता है?...? कोई मनुष्य नहीं है भगवान। ये क्या है? श्रेष्ठ वृत्तियों के लिए, सत्कर्मों के लिए, सत् प्रयोजनों के ल...
- मनुष्यों का कैसे होता है?...? मनुष्यों के साथ हमारा वास्ता होना चाहिए और वास्ते के लिए मनुष्यों के साथ हमको सेवा और सद्भावना का व्...
- मनुष्यों के लिए ही जब निवास व अन्न कठिन हो जायेगा तो बेचारे पशु कहाँ रहेंगे-कैसे जियेंगे?...? पचास वर्ष पूर्व और आज की परिस्थिति में इस जनसंख्या की वृद्धि न जमीन, आसमान जितना अन्तर उत्पन्न कर दि...
- मनुष्यों के सींग होते हैं कभी?...? हमने तो देखे नहीं हैं? यह क्या है? खाली अलंकार है। दैत्य का तरीका क्या होना चाहिए? चेहरा कलंक की काल...
- मनुष्यों को ही क्यों प्राणी मानते हो?...? यह जीव-जन्तु क्या तुम्हारे अपने नहीं? फिर सूनापन कैसा? हमारी यात्रा चलती रही। साथ-साथ चिन्तन भी चलता...
- मनुष्यों ने भगवान बनाया है?...? हाँ मनुष्यों ने भगवान को बनाया। इस तरह एक भगवान ऐसा है, जो इनसानों का बनाया हुआ है, इनसानों का गढ़ा ह...
- मनुहार करेंगे, उपहार पाएँगे, यही ख्याल है न आपका?...? अच्छा बताइए कि बादलों में पानी किसने पैदा किया? नहीं साहब, मनुहार करेंगे, उपहार पाएँगे, साष्टांग दण्ड...
- मनुहार किसे कहते हैं?...? खुशामद को कहते हैं। खुशामद भी एक सिद्धान्त है। बिना माँगे किसी को क्या पता चलेगा कि आपको क्या जरूरत ह...
- मनोकामना किसे कहते हैं?...? मनोकामनाएँ बेटे, कई तरह की हो सकती हैं। सांसारिक मनोकामनाएँ वे कहलाती हैं, जो सांसारिक वस्तुओं को पू...
- मनोकामना की बात तो ठीक है, पर इसका होगा क्या?...? भगवान अपनी सारी की सारी सृष्टि को एक कायदे के आधार पर, कानून के आधार पर, नियम के आधार पर चला रहा है।...
- मनोकामना पूरी करना खराब बात है क्या?...? नहीं, खराब बात नहीं है, पर मनोकामना किस काम के लिए माँगी गई है? सांसारिकता को प्राप्त करने से पहले आ...
- मनोकामना पूरी करने के लिए क्या करना पड़ता है?...? जीवन को शुद्ध करना पड़ता है। मेरे गुरु जब हमारे पास आये, तो उन्होंने मुझे यही बताया। मालवीय जी ने म...
- मनोकामना पूरी कराई—ऐसा लगा है क्या?...? आप उलटी-उलटी बातें मत विचार कीजिये, आप उल्टे को उलट दीजिये और सीधे उठ जाइये। सीधे हो के जाइये। यहाँ ...
- मनोकामना पूरी हुई?...? बिलकुल पूरी नहीं हुई है और दशरथ की? दशरथ की भी पूरी नहीं हुई। दशरथ को शाप लगा हुआ था और भगवान राम चा...
- मनोमय कोश किसे कहते हैं?...? यह हमारा मन है, मस्तिष्क है। यह इस बात पर टिका है कि हमारा मन कैसा है? भिन्न-भिन्न परिस्थितियों में ...
- मनोयोग जुड़े कैसे?...? श्रम संलग्नता बने कैसे? इन समस्याओं का समाधान एक ही है कि जिन ललक लिप्साओं में इतने दिनों अपनी क्षमत...
- मनोयोग वगैरह आप लगाएँ तब?...? मनोयोग लगाएँ, तो आपने देखा है न! मन लगा के परिश्रम करें तब? मन लगा के परिश्रम करने और बिना मन के परि...
- मन्दिरों में रखे हुए जगह-जगह के खिलौने देखने जाते हैं - दर्शन इनको कहाँ आता है?...? फिलॉसफी इनको कहाँ आती है? देखने की दृष्टि कहाँ है? दर्शन के लिए दृष्टि चाहिए। दिव्य-दृष्टि दी थी श्र...
- मम्मी की अकल को कैसे ठिकाने लगाया जाए?...? शंकराचार्य जी ने कहा कि हम तो पानी में जा बैठे और कहा—"अरे मगर खा गया! मगर खा गया!!" तो मम्मी रोने ल...
- मर गया तो क्या हुआ?...? अरे गुरुजी! आप यह क्या कहते हैं? हाँ बेटे, मैं गलत कह रहा था।
मित्रो! दूसरों का दुःख, दूसरों का ...
- मर गया है, तो रोते रहो, रोने से आ जाएगा?...? नहीं आएगा।
अपने विवेक से काम लीजिए। विवेक से आप काम लेंगे, तो आपकी जिन्दगी कटती हुई चली जाएगी और व...
- मर गया होगा तब, साँस क्या करेगी?...? बहुत अच्छी प्रातःकाल की हवा है; हवा से फेफड़ों को बल मिलना चाहिए; मिलेगा तब न जिन्दा हो। जिन्दा नहीं ...
- मर गया होगा तब, साँस क्या करेगी?...? बहुत अच्छी प्रातःकाल की हवा है; हवा फेफड़ों को मिलनी चाहिए; पर लेगा तो तभी, जब वह जिन्दा हो। जिन्दा न...
- मर जाएँगी क्या?...? यह दौलत हमको नहीं मिलेगी क्या? बेटी! तुमको भी मिलेगी। बस, हृदय ने नाड़ियों को दिया और नसों में अपना ख...
- मर जाते हैं?...? उन्हें खुराक नहीं मिलती। अगर आप कुत्तों के उन पिल्लों को खुराक का इंतजाम कर दें, सबके लिए रोटी, दूध ...
- मरघट में आप जाइए और भगवान की पोल खोलते जाइए-ये कौन मर गया?...? जवान आदमी मर गया। उसकी माँ बिलख रही है, उसके बच्चे बिलख रहे हैं, औरत बिलख रही है। यह कैसे हो गया? यह...
- मरघट में क्यों रहते हैं?...? इसका मतलब कि हमें जिन्दगी के साथ मौत को भी याद रखना पड़ेगा। सब चीजें याद हैं, पर मौत को हम भूल गए। अपन...
- मरणोत्तर जीवन में क्या स्थिति होती है?...? कौन, क्यों, और कैसे भूत बनता है और वह कैसा होता है? यह सब कुछ अभी रहस्य के गर्भ में है। अन्वेषण के उ...
- मरता है तो क्या?...? शहीद होता है। अच्छे कार्य के लिए हमें अपनी जान भी देनी पड़े, तब भी हम देंगे। व्यक्ति हमें हाड़-माँस ...
- मरते तो वह आदमी हैं, जो शरीर में जिन्दा रहते हैं, जो अपने आपको आत्मा समझते हैं, उनके मरने का सवाल कहाँ?...? क्यों? फिर मरने की कोई बात ही नहीं हो सकती, मरना कभी सम्भव नहीं है। मरना केवल उन्हीं के लिए सम्भव है...
- मरते तो वो आदमी हैं जो शरीर में जिन्दा रहते हैं, जो अपने आप को आत्मा समझते हैं उनको मरने का सवाल कहाँ?...? मरेंगे क्यों? मरने की बात क्या हो सकती है, मरने की कोई बात नहीं हो सकती और मरना कभी सम्भव नहीं है।...
- मरते तो सब हैं; पर बीमार कहाँ पड़ते हैं?...? कबूतर बीमार पड़ते हैं? लोमड़ी, खरगोश जो जंगल में उछलते हैं, कभी बीमार पड़ते देखे हैं आपने? कोई नहीं पड़त...
- मरते हुए पति ने कहा-यह क्या किया वीरमती तुमने?...? भारतीय स्त्रियाँ ऐसा तो कभी नहीं करतीं। हाँ तुम ठीक कहते हो पर भारतीय पुरुष भी तो कभी देश द्रोही नही...
- मरद औरत को खाएगा और औरत मरद को खाएगी, क्या यही अर्थ है विवाह का?...? गाँधी जी ने एक किताब लिखी है, ‘संयम की राह पर’। उसमें लिखा है कि स्त्री और पुरुष बहन-भाई की तरह भी...
- मरना केवल उन्हीं के लिए सम्भव है जो ये विचार करते हैं, कौन सा वाला विचार करते हैं कि हमारा दूर हैं, हम शरीर हैं, और जिस दिन भगवान के नजदीक जा कर के आदमी ये अनुभव कर ले कि हमारा जीवात्मा भगवान का ही एक अंश है - फिर, फिर क्यों मरेगा आदमी?...? जीवात्मा कहीं मरता है क्या? शरीर तो कपड़ों के तरीके से है रोज बदलते रहते हैं। भय से आदमी की निवृत्ति...
- मरने का तो वक्त आ गया, नब्बे साल की उम्र होने को आई, अब क्या चाहिए?...? उसने कहा कि मुझे तो टिपटॉप यौवन चाहिए, जिससे मैं सोलह-अठारह साल की लड़की लगूँ। अच्छा ठीक है ले जा। ज...
- मरने की क्या चल रही है?...? अभी हमने इतने कार्यकर्ता बुलाए हैं और जो 500 कार्यकर्ता हमारे यहाँ रहते हैं, इनको भावना कौन देगा...
- मरने के दिन आ गए; लेकिन यह लोग बूढ़े होकर मरे थे?...? आप ऐसी जवानी चाहते हों, तो आपको ऐसा बनाने में हमको कोई दिक्कत नहीं है; लेकिन आप यह ख्याल लेकर आएँगे ...
- मरने के बाद क्या होगा?...? पता ही नहीं। अभी क्या होगा? यह तक तो हमें मालूम नहीं है, फिर भविष्य का क्या पता? कुछ पता नहीं।...
- मरने के बाद क्या होगा?...? बुढ़ापे में क्या होगा? जो कुछ होगा, देखा जाएगा। अरे बेटे! संयम से तो रह। अरे साहब! संयम-व...
- मरने के बाद क्या होता है और मरने के बाद में कहाँ जाना पड़ेगा?...? मैं कुछ कह नहीं सकता। बहुत दिन पहले की बात है, हमने बहुत तरह की पुस्तकों में और बहुत तरह के शास्त्रो...
- मरने के बाद क्या होता है?...? यह हमें पता नहीं है। यह हमारे दिमाग में नहीं आता है कि आप अभी नरक में पड़े हैं और आधे घण्टे, पन्द्रह ...
- मरने के बाद जब जीव हवा जैसी सूक्ष्म वस्तु रह गया हो तो उसे कोल्हू में पेला जाना, कोड़ों से मारा जाना किस प्रकार सम्भव होगा?...? वस्तुतः नरक भोगने के लिए हमें किसी लोक विशेष में जाने या दूसरों द्वारा उत्पीड़न सहने की आवश्यकता नहीं...
- मरने के बाद में हमको जब अय्याशी की जरूरत पड़ेगी, विलासिता की जरूरत पड़ेगी, तब कैसे काम चलेगा?...? उन्होंने अपने नौकरों को, जो कि उनके खानदान में काम करते थे, दो-दो हजार नौकर थे। जब इतनी औरतें जा रही...
- मरने के बाद में, मेरे चले जाने के बाद—थोड़ा इंतजार कीजिए कि वह आदमी, जिसका कि हम व्याख्यान सुनने के लिए गए थे और जिस आदमी के पास शान्तितकुञ्ज में रहे थे, क्या इतना छोटा आदमी था?...? क्या बड़ा आदमी था? उससे आपने क्या पाया था? हाँ, हमने बहुत कुछ पाया था, न जाने आपने प्रभाव की दृष्टि ...
- मरने के बाद स्थूल शरीर रह जाता है, जिससे भावनात्मक अनुभूतियाँ तो हो सकती हैं, पर इन्द्रियाँ न होने से इन्द्रिय सुख कैसे मिलेंगे?...? वहाँ पर जीवन खाने-पीने जैसे सुविधा-साधनों का लाभ कैसे उठा सकेगा? इसी प्रकार यदि सब झंझटों से छुटकारा...
- मरने के बाद स्वर्ग मिलेगा या नहीं?...? यह हम नहीं जानते, लेकिन इसी जीवन में स्वर्ग स्थापित कर सकते हैं, आध्यात्मिक साधना के मार्ग पर चलते...
- मरने के लिए क्या करना पड़ता है?...? मरने के लिए तो कुछ भी नहीं करना पड़ता। छत के ऊपर चढ़कर चले जाओ और गिरो, देखो अभी खेल खत्म। गंगाजी मे...
- मरने के लिए क्या करना पड़ता है?...? मरने के लिए तो कुछ भी नहीं करना पड़ता। छत के ऊपर चढ़कर चले जाओ और गिरो, देखो अभी खेल खत्म। गंगाजी मे...
- मरने के लिए क्या करना पड़ता है?...? मरने के लिए तो कुछ भी नहीं करना पड़ता। छत के ऊपर चढ़कर चले जाओ और गिरो, देखो अभी खेल खत्म। गंगाजी में...
- मरने से क्या मतलब होता है?...? मरने से मतलब यह है कि हम सफल न हो सके। हमारा अनुष्ठान असफल चला गया। अगर अनुष्ठान असफल चला गया तो आपक...
- मरने से डरना क्या?...?...
- मरम्मत न की जाय और पुराने कपड़े फेंक दिये जायँ, टूटे हुए बर्तन फेंक दिये जायँ, तो बात कैसे बन सकती है?...? नहीं बन सकती। मरम्मत करनी पड़ती है।
पुराने की मरम्मत : नया बनाना
मित्रो! वैसे ही ...
- मरा हुआ आदमी क्या नाच सकता है?...? तो कौन नाचता है? उसका विश्वास नाचता था। विश्वास नाचता था और श्रद्धा नाचती थी। अगर हम अपनी श्रद्धा और...
- मरा हुआ इनसान भी?...? हाँ, मरा हुआ इनसान भी आग बन जाता है; क्योंकि यह आग की, हमारे पुरोहित की विशेषता है कि वह दूसरों को भ...
- मरा हुआ इनसान भी?...? हाँ मरा हुआ इनसान भी आग बन जाता है; क्योंकि यह आग की, हमारे पुरोहित की विशेषता है कि वह दूसरों को भी...
- मरी हुई है और आपके नाक में से हवा निकलती है, तो आप जिन्दा हैं कि मरे हुए हैं?...? साहब हम तो जिन्दा हैं। रोटी खाते हैं और टट्टी करते हैं।अच्छा देख, आटा पीसने की चक्की होती है। उसमें...
- मरे हुए से क्या मतलब है?...? इनमें जान नहीं है। अगर इनमें आप जान पैदा कर सकें तो मजा आ जाए। जान से क्या मतलब है? जान से मेरा ...
- मरे हुए आदमी की कथा क्या हो सकती है?...? नारद जी ने वाल्मीकि को उपदेश दिया कि बेटा डाका डालना बुरी बात है। चोरी करना बुरी बात है। सन्त हो जा। ...
- मरे हुए कैसे होते हैं?...? जैसे हम और आप हैं। नहीं साहब! गुरुजी आप मरे हुए हो सकते हैं, हम तो जिन्दा में से हैं। हम कैसे मान...
- मरे हुए व्यक्तियों को तो देखा है कि मरने के बाद उन्हें जला दिया गया, पर जिन्दा बेटों को, जिन्दा बेटियों को, जिन्दा पोतियों को, जिन्दा पोतों को जलते हुए क्या किसी ने देखा है?...? नहीं, महाराज जी! अगर ऐसा दृश्य हम देखेंगे तो हमारा कलेजा फट जाएगा। हाँ बेटे, परन्तु एक का कलेजा फटा ह...
- मरे हुए व्यक्तियों को तो देखा है कि मरने के बाद उन्हें जला दिया गया, पर जिन्दा बेटों को, जिन्दा बेटियों को, जिन्दा पोतियों को, जिन्दा पोतों को जलते हुए क्या किसी ने देखा है?...? नहीं, महाराज जी। अगर ऐसा दृश्य हम देखेंगे तो हमारा कलेजा फट जाएगा। हाँ बेटे, परन्तु एक का कलेजा फटा ह...
- मरे हुए से आप क्या फायदा उठा सकेंगे?...? अच्छा क्या आप एक बात बता सकते हैं कि मूर्तियाँ, जो मन्दिरों में स्थापित रहती हैं और जो दुकानों पर...
- मरेंगे, मरकर फिर कहाँ जाएँगे?...? बैकुण्ठ लोक में जाएँगे। कहाँ है बैकुण्ठ? बैकुण्ठ इसी जमीन पर है। आपको मालूम नहीं है। स्वर्ग भी इसी ज...
- मर्द यह चाहेगा कि हम बीबी का खून कैसे पी सकते हैं और इसकी सारी की सारी हड्डियाँ और मास कैसे निचोड़ सकते हैं?...? भाई-भाई से चाहेगा कि भाई की मौत कब होगी, ताकि इसके हिस्से की जमीन हमारे हिस्से में आ जाय और इसकी ब...
- मल हमारे कहाँ हैं?...? आवरण हमारे कहाँ हैं और विक्षेप हमारे कहाँ हैं। आदर्शों की आग में तपने का नाम है अध्यात्म इसलिए मित...
- मलेरिया इससे अच्छा हो गया?...? नहीं साहब! अच्छा तो नहीं हुआ। क्यों अच्छा नहीं हुआ? कल तो हमने आपको बता दिया था और आप भी कह रहे थे ...
- मल्लाह की ताकत से क्या मतलब है?...? मैं 'ब्रह्मवर्चस्' की बात कह रहा हूँ। आपका क्या ख्याल है? आप बताना कि हम जहाँ भी गए हैं, वहाँ कितने ...
- मशक्कत के बदले में अनाज किसान तो दे भी सकता है, पर जिसके यहाँ कपड़े की दुकान है वह आपको कहाँ से दे देगा?...? वह पैसा दे देगा। पैसा देने के बाद में आप चीज खरीद सकते हैं। आध्यात्मिकता का लाभ आपको सीधे नहीं मिल स...
- मशक्कत पर विश्वास है?...? आपको मशक्कत के इसलिए कहा जाएगा तो आपका अध्यात्म गायब हो जाएगा, फिर आप क्या करेंगे? साईं बाबा की पूजा...
- मशक्कत से क्या मतलब है?...? शरीर से। श्रम से खेती-बाड़ी होती है। श्रम से मकान बनते हैं। श्रम से कारखाने चलते हैं। यह कौन करता है?...
- मशाल किन्हें सौपें?...? —इस भीड़-भाड़ में से हम ऐसे लोगों को तलाश करने में कुछ दिन से लगे हुए हैं, जो हमारे सच्चे आत्मीय साथ...
- मसलन आपकी धर्मपत्नी हैं ना?...? स्वास्थ्य उनका अच्छा है ना? तो उन्हें सारे दिन, खाना बनाने में क्यों लगाए रखें खाना आप सब मिलकर थोड़े...
- मसलन आपकी बीबी गलती करती है, तो करे, आपके माँ-बाप गलती करते हैं, तो करें, लेकिन आप क्यों गलती करते हैं?...? आपको तो अपना फर्ज पूरा करना है।
माँ-बाप के प्रति जो आपकी जिम्मेदारियाँ हैं, वह फर्ज पूरे कर...
- मसलन शेर जब भूखा होगा तो उठेगा और भूखा न हो तब?...? हमने शेरों के इलाके में देखा है, सब शेर चुपचाप पड़े रहते हैं। गधे उनके पास में घास चरते रहते हैं। भा...
- मसलन, आपकी जो इच्छाएँ हैं, अगर वह पूरी हो जायें, तो आप क्या ख्याल करते हैं?...? गुरुजी! हमको बहुत खुशी होगी।चलिए आपको वही खुशी महत्त्वाकांक्षा के पूरी हुए बिना भी मिल सकती है, अगर ...
- मसलन—आपने शराब पी, किसी को नीचा दिखाने में खरच किया, तो यह क्या हुआ?...? यह अनर्थ कहलाया। एक कहलाता है व्यर्थ। समय का एक हिस्सा आपने गप्पें हाँकने में खरच कर दिया। यह क्या ह...
- मस्तिष्क के कपाट खुलते जायेंगे और उन्हें सूझ पड़ेगा कि इन दिनों क्या लिखने योग्य है?...? एक मात्र वही लिखा जाना है।क्या बिना सम्पन्न लोगों की सहायता लिये, बिना वर्तमान पुस्तक विक्रेताओं की ...
- मस्तिष्क में आने-जाने वाले विचारों के अब फोटो लिए जाने लगे हैं, जिससे यह पता चल जाता है कि अमुक आदमी किन विचारों को ग्रहण कर रहा है और कैसे विचार छोड़ रहा है?...? बादलों की तरह विचार प्रवाह आकाश में मँडराता रहता है और लोगों की आकर्षण शक्ति द्वारा खींचा व फेंका जा...
- मस्तिष्क से भी गंगा निकलती है?...? पानी की गंगा निकलती है? हाँ बेटे, ज्ञान की गंगा निकलती है? इसी ज्ञान की गंगा को प्रतीक रूप में पान...
- महँगा और सस्ता होने की वजह से किस चीज का भाव कहाँ पहुँच जाए?...? मालदार, अमीर और सस्ता हो सकता है। मैं तो सिर्फ यह पूछना चाहता हूँ कि आपने खरच कहाँ किया? पैसे के संब...
- महज शरीर से काम कर दिया, बेगार भुगत दी तो बात कैसे बने?...? आप अपनी कार्यपद्धति में से आलस्य और प्रमाद को हटा देना। आप जिम्मेदारी, वफादारी और स्फूर्ति को शामिल ...
- महमूद गजनवी ने कहा—अच्छा, यही ख्याल है न आपका?...? हाँ साहब! यही ख्याल है। बैठ जाइए, हम तो सचाई के नजदीक जाना चाहते हैं। हम यह जोखिम उठाने को तैयार हैं...
- महराज जी, अक्षत से क्या फायदा है?...? बेटे, अक्षत से आपके विचार से यह फायदा है कि गणेश जी को कोई खाना दे जाता है, कोई नहीं देता। तो जो वह ...
- महर्षि अगत्स्य ने पूछा-टिटहरी तुम रेत से समुद्र तो नहीं पाट सकतीं?...? टिटहरी बोलीं-न पटे न सही पर अन्याय के प्रतिकार ही परम्परा को नष्ट नहीं होने दूँगी। अगत्स्य का मन भर ...
- महर्षि ने कहा-एक बात बताओ गाड़ी में दोनों पहिये एक से हों तो अच्छी चलेगी या पहिये छोटे बड़े हों तो?...? वह व्यक्ति बोला-वाह यह तो साधारण आदमी भी जानता है असमान पहिये वाली गाड़ी चलना तो दूर लुढ़क-पुढ़क और जाय...
- महाकाल कहाँ है?...? महाकाल का मन्दिर वहाँ उज्जैन में बना हुआ है। रावण का आराध्य वही था। अच्छा! तो रावण महाकाल का उपासक था...
- महाकाल किसे कहते हैं?...? टाइमपीस को महाकाल कहते हैं, घड़ी को महाकाल कहते हैं। तू समझता है कि टाइम किसे कहते हैं? समय किसे कहत...
- महाकाल की हुँकारें जो दसों दिशाओं को प्रतिध्वनित कर रही हैं, उन्हें अनसुनी कैसे किया जाए?...? युग चेतना के प्रभात पर्व पर, उदीयमान सविता के आलोक को किस प्रकार भुलाया जाए? युग अवतरण की सम्भावना ग...
- महाकाल क्या चाहता है?...? युग क्या चाहता है? देवशक्तियाँ क्या चाहती हैं? और भगवान क्या चाहते हैं? भगवान जो चाहते हैं, उस काम...
- महात्मा टालस्टाय उसकी बात सुन रहे थे बोले-बेटा अपना एक हाथ एक हजार में बेचेगा क्या?...? वह युवक कुछ न बोला, टालस्टाय बोले-दूसरा हाथ भी काटकर देदे तो बीस हजार, आँखें देदे तो चालीस हजार, पाँ...
- महात्मा विदुर आये तो उन्होंने कहा अरे मूर्ख, ये क्या करती है?...? भगवान को केले के छिलके खिलाती है और गूदे को जमीन पर डालती जाती है। भगवान ने कहा विदुर आप नहीं जानते ...
- महात्मा हो गयी?...? ज्ञानी हो गयी? उसे आत्मसाक्षात्कार हो गया कि नहीं हो गया? कुछ भी नहीं हुआ। एकाउण्टेंट जो बढ़िया व...
- महात्माओं के वरदान और आशीर्वाद से न जाने क्या क्या हुए?...? वे स्वयं लंगोटी पहनते थे, तो कोई हर्ज की वात नहीं थी। देवत्व जब मनुष्य के भीतर आता है, तो महानता के ...
- महादेव बाबा पर पानी चढ़ा आते हैं और यह पता नहीं कि संध्या क्या है?...? इसलिए बलिवैश्व न मालूम हो तो कोई अचम्भे की बात नहीं। गायत्री माता के तरीके से यज्ञ पिता भी हमारे पूजा...
- महादेव भाई को फुरसत मिली तो उन्होंने मुझे देखा और पूछा—क्या बात है, कैसे खड़े हो?...? मैंने कहा—मैं कुछ कहना चाहता था, पर हिम्मत नहीं पड़ती है। उन्होंने कहा—आ जाओ और जो कहना है कहो। मैंन...
- महान किसे कहते हैं?...? जो सिद्धान्तों के लिए काम करते हैं, आदर्शों के लिए काम करते हैं। इस दिशा में महत्त्वाकाँक्षाओं को जित...
- महान किसे कहते हैं?...? जो सिद्धान्तों के लिए काम करते हैं, आदर्शों के लिए काम करते हैं। इस दिशा में महत्त्वाकाँक्षाओं को जि...
- महान शक्ति का साथ छू करके कौन नहीं बज जाएगा महान?...? आप स्वाति की बूँद के बारे में जानते हैं? स्वाति की बूँद कितनी महान होती है? वह सीप के मुँह में जा पड़...
- महानता को आप नहीं जानते?...? आपने गाँधीजी का नाम सुना है? बुद्ध का नाम सुना है न? विवेकानन्द को जानते हैं न? महापुरुषों में से इन...
- महानता को देखा है आपने कभी?...? आपने महानता को कभी नहीं देखा है। आपने पत्थर का खिलौना भर देखा है और उसी पर टनाटन घण्टी बजाते रहते है...
- महान् परिश्रम पूर्वक वीर्य का साधन करने वाले ब्रह्मचारी के लिए इस पृथ्वी पर भला किस कार्य में सफलता नहीं मिलती?...? ब्रह्मचर्य के प्रताप से मनुष्य मेरे (ईश्वर के) तुल्य हो जाता है। ‘ब्रह्मचर्य परंतपः।’ अर्थात् ब्रह्म...
- महापुरश्चरण किस काम के लिए?...? महापुरश्चरण करने का उद्देश्य इस वातावरण को, एन्वायरनमेंट को परिष्कृत करना है। हवा, वातावरण अनुकूल न ...
- महापुरश्चरण किस काम के लिए?...? महापुरश्चरण करने का उद्देश्य इस वातावरण को, एन्वायरनमेंट को परिष्कृत करना है। हवा, वातावरण अनुकूल न ...
- महापुरुषों के नाम सुने नहीं आपने?...? आप उन महापुरुषों की हिस्ट्री तलाश कीजिए, जनता ने जिनको निहाल कर दिया है। माँगने पर? माँगने पर नहीं, ...
- महापुरुषों के नाम सुने नहीं आपने?...? आप उन महापुरुषों की हिस्ट्री तलाश कीजिए, जनता ने जिनको निहाल कर दिया है। माँगने पर? माँगने पर नहीं, ...
- महापुरुषों में से इन लोगों के नाम नहीं मालूम आपको?...? यह सभी महापुरुष थे, जिन्होंने कि महानता को चुना और महानता में अपनी सफलता को पाया और इन विभूतियों को,...
- महापुरुषों से लेकर ऋषियों तक और जहाँ तक भगवान के भक्त हुए हैं, वहाँ हर एक के भीतर हम पाते हैं कि अगर वे सफल हुए तो, अगर सफल नहीं हुए तो एक ही वजह से हुए हैं कि उनके अन्दर श्रद्धा का अंश कितना रहा?...? कर्मकाण्ड रहे हैं, पूजा रही है, उपासना रही है, भजन करने वाले रहे हैं, जप करने वाले रहे हैं, पर श्रद्...
- महाभारत की भूमिका में कृष्ण या अर्जुन में से किसे श्रेय मिले?...? इस झंझट में पड़ने से कोई लाभ नहीं। नियति के उभार किसी को भी अपना वाहन बना सकते है। ईश्वर व्यक्ति नहीं...
- महामना मालवीय जी का कायाकल्प कैसे हुआ था?...? मथुरा जिले में कोसी नाम की एक जगह है। उसके पास जंगल में एक महात्मा रहते थे, तपसी बाबा उनका नाम था। उ...
- महामना मालवीय जी की ख्याति को कौन नहीं जानता?...? हिन्दू विश्वविद्यालय उन्होंने बनाया था और जब विदेश गए थे तो भारत सरकार ने जिन लोगों को बुलाया था, उनम...
- महामृत्युञ्जय जप आता है न उनको?...? हाँ साहब! पिताजी आपके मर गए? नहीं साहब! पिताजी तो मर रहे हैं, हकीम को बुलाकर ला रहे हैं। पण्डित जी आप...
- महामृत्युञ्जय मंत्र से आप कहते हैं, अवश्य अच्छा कर देंगे, तो फिर आप बाप को अच्छा क्यों नहीं कर पाते?...? नहीं साहब! हमारा तो बाप अच्छा नहीं हो सकता। हम तो हकीमजी से इलाज करायेंगे। फिर आपका मृत्युञ्जय मंत्र...
- महाराज जी आप ये क्या कहते हैं?...? बेटे, ये तो साथा-साथ होगा, क्योंकि जो आदमी आराम की जिन्दगी, चैन की जिन्दगी, मानसिक चिन्ता रहित जिन्दगी...
- महाराज ऋतध्वज विलासी थे, पर उनकी धर्मपत्नी मदालसा ने अपनी आध्यात्मिक तेजस्विता के कारण अपने बच्चों को जब जैसा चाहा वैसा बनाया?...? हनुमान अंजनी के पुत्र थे। उन्हें इतना शक्तिशाली और भक्त बनाने का श्रेय उनकी माँ का ही है। यह सम्पूर्...
- महाराज जी इसमें?...? इसमें आपके चरणों का जल है, मैं जब कभी जाता हूँ एक साल भर में आपके पास तो आपके चरणों का जल धोकर के ले...
- महाराज जी कहाँ से लाएँगे?...? आप हमसे माँगेंगे। नहीं बेटे, मैं तेरे सामने हाथ नहीं फैलाऊँगा। मैंने इनसान के सामने हाथ नहीं पसारा त...
- महाराज जी मैं आपको अवश्य बता दूँगा आपको मैं क्यों नहीं बताऊँगा?...? बता क्या है इसमें? महाराज जी इसमें? इसमें आपके चरणों का जल है, मैं जब कभी जाता हूँ एक साल भर में आपक...
- महाराज जी मैं कैसे सुनूँ?...? क्या करूँ? बेटे, मलीनताओं को जब तक धोएगा नहीं, कषाय-कल्मषों को जब तक शुद्ध नहीं करेगा, अपने आपको परि...
- महाराज जी मैं क्या दूँगा?...? नहीं बेटे, तप यों नहीं देंगे। हम तो ईमानदारों की साझेदारी करेंगे, बेईमानों की नहीं। भगवान से तू माँग...
- महाराज जी मैं क्या दूँगा?...? नहीं बेटे, तप यों नहीं देंगे। हम तो ईमानदारों की साझेदारी करेंगे, बेईमानों की नहीं। भगवान से तू माँग...
- महाराज जी, ऐसा हँस कौन सा होता है?...? कोई नहीं होता, बेटे, हम और आप हो सकते हैं।दोस्तो! हँस एक अलंकार है। जैसा हँस हमने कल्पना कर रखा है, ...
- महाराज जी, ऐसा हँस कौन-सा होता है?...? कोई नहीं होता, बेटे, हम और आप हो सकते हैं।
दोस्तो! हँस एक अलंकार है। जैसा हँस हमने कल्पना कर ...
- महाराज जी, ऐसा हो सकता है?...? हाँ बेटे, ऐसा हो सकता है, इसीलिए शक्ति को प्राप्त करने से पहले पवित्रता-संशोधन की जरूरत है। संशोधन आ...
- महाराज जी, ऐसा हो सकता है?...? हाँ बेटे, ऐसा हो सकता है, इसीलिए शक्ति को प्राप्त करने से पहले पवित्रता-संशोधन की जरूरत है। संशोधन आ...
- महाराज जी, फिर तो हम बार-बार दीपक जलाने में पैसा क्यों खरच करें?...? क्यों बार-बार दीपक जलाएँ? बेटे, उसका भी एक कारण है। एक ऐसा बेवकूफ आदमी है, जो आँखों से अन्धा है, जिसक...
- महाराज जी, हँस तो बेकार होता है, किसी और सवारी पर नहीं आ सकती?...? घोड़ा कहें तो घोड़ा ला दूँ, हाथी कहें तो हाथी ला दूँ? घोड़े-हाथी पर तो वे कतई नहीं बैठती। वे तो हँस ...
- महाराज जी, हँस तो बेकार होता है, किसी और सवारी पर नहीं आ सकतीं?...? घोड़ा कहें तो घोड़ा ला दूँ हाथी कहें तो हाथी ला दूँ? घोड़े-हाथी पर तो वे कतई नहीं बैठतीं। वे तो हँस पर ...
- महाराज ने पूछा-तुम नहीं जानते हो कि इसके लिए तुम्हें क्या दण्ड मिलेगा?...?
‘‘जानता हूँ महाराज! मृत्युदण्ड’’ बालक ने उत्तर दिया।
तो इतना जानते हए भी तुम मेरी हत्या करने क्यों ...
- महाराजा राणाप्रताप को क्या कमी थी?...? उनके पास सभी चीजें थी। वे अच्छे खाते-पीते व्यक्ति थे, पर जब उनके भीतर स्वराज्य की भावना जाग्रत हुई, ...
- महाराणा प्रताप को क्या कमी थी?...? उनके पास सभी चीजें थीं। वे अच्छे खाते-पीते व्यक्ति थे, पर जब उनके भीतर स्वराज्य की भावना जाग्रत ...
- महावीर मन्दिर, पैसों का प्रबन्ध कहाँ हो सकता था?...? विचार शील बातों में कोई आदमी कहाँ पैसा खर्च कर सकता है? ठगिए आप लोग, जेबें काट लीजिए, बेवकूफों की कम...
- महिला संगठन की दृष्टि से उसने न जाने क्या से क्या कर डाला, कैसे हो गया यह सब?...? उसने अपने आप को बदल दिया और उसका कायाकल्प हो गया। कायाकल्प कैसे होगा? यही मैं आपको बताने वाला हूँ, प...
- महिला संगठन की दृष्टि से उसने न जाने क्या-से कर डाला?...? कैसे हो गया यह सब? उसने अपने आपको बदल दिया और उसका कायाकल्प हो गया। कायाकल्प कैसे होगा? यही मैं आपको...
- महिलाएँ तो आजीवन पूरे सिर पर शिखा रखती है और अब तो लड़कों ने जबसे चोटी की उपेक्षा करनी शुरू की है तबसे लड़कियों ने उसे उपेक्षा का प्रायश्चित करना आरम्भ किया है और वे दो चोटी रखने लगी हैं?...? महिलाओं की यह सांस्कृतिक चेष्टा सराही जायेगी। एक विशेष सम्प्रदाय के संन्यासी शिखा सहित पूरे सिर का म...
- महीने भर के लिए मिर्च बन्द कर दें, फिर दुबारा मिर्च खाएँ, तो आपके मुँह में इतनी लार आएगी, इतना कष्ट होगा कि लगेगा कि हमको क्या चीज खिला दी गयी?...? जहर खिला दिया गया।
अन्न का स्वाद ही नहीं, संस्कार भी देखें
मित्रो! यह मामूली सी बात है। कौ...
- महीने भर खिला देंगे?...? महीने भर भी खिला देंगे; पर तेरी जिन्दगी इससे नहीं कटेगी—ये ध्यान रखना। तेरी जिन्दगी कटेगी तब, जब अपन...
- महीने भर में कितना खर्च करते हैं?...? आपके व्यक्तिगत खर्च और आवश्यकताएँ बहुत कम हैं।
साथियो! आप फिजूलखर्चियों में उड़ा डालें तो इस...
- महीने भर में कितने का हो गया?...? ४ से लेकर आठ आने का चक्कर है। कोई खास बात नहीं है तो महाराज जी! इससे कौन प्रसन्न हो जाएगा? बेटे, सब ...
- महीने भर में, महीने भर में कितना खर्च करते हैं?...? आपके व्यक्तिगत खर्च और आवश्यकताएँ बहुत कम हैं, आप फिजूलखर्चियों से बढ़ा डालें, तो इसके लिए कोई क्या ...
- महीने में कितने रुपये आप पान-सिगरेट में व्यय करते हैं?...? प्रतिदिन कम से कम ५-६ सिगरेट और दो-चार पान आप प्रयोग में लेते हैं। बढ़िया सिगरेट या बीड़ी-माचिस आपकी...
- माँ अपने बच्चे को गुरुकुल में पढ़ाने के लिए भेज देती है, तो क्या माँ बच्चे की दुश्मन होती है?...? धन कमाने के लिए कोई परदेश चला जाता है और परदेश में दो पैसे कमाकर अपने बच्चे को मनीआर्डर से भेजता...
- माँ आपकी सेवा करने लायक नहीं रही, बुढ़िया हो गई, तो आप उसकी सेवा नहीं करेंगे?...? खूब सेवा कीजिए। मित्रो! न तो इनसानों की कीजिए, न गए-बीतों की कीजिए, न बुजुर्गों की कीजिए और न भगवान ...
- माँ उन्हें देखकर कितनी प्रसन्न होंगी?...? और भाई-बहनें? ...कहेंगे कि वाह, क्या बढ़िया चीज लाया है।
उसने जी कड़ा किया और दोनों अण्डे हाथ में उठा ल...
- माँ ऐसी नहीं होती कि उसका दुलार किसी के लिए विशेष होता हो और किसी के लिए नहीं होता हो, फिर वह माँ ही कैसी है?...? ठीक है, जो नजदीक आते रहते हैं, बार-बार जिनको बुलाते रहते हैं, कार्य के लिए तो बेटा, बुलाया ही जाएगा,...
- माँ कहिए इससे क्या करें?...? अभ्यास। ये प्राथमिक अभ्यास है। इस प्राथमिक अभ्यास को विकसित करते हैं, फिर सारे-के दृष्टिकोण में इसे ...
- माँ का क्या होगा?...? कसाईखाने जाएगी। बाप भी कसाईखाने जाएगा। बेटे! अगले दिनों यही होगा, अगर हम संस्कृति को खतम करते हैं, त...
- माँ का क्या होगा?...? कसाईखाने जाएगी। बाप भी कसाईखाने जाएगा। बेटे! अगले दिनों यही होगा, अगर हम संस्कृति को खत्म करते हैं, ...
- माँ का प्यार नहीं है?...? चिड़िया का अण्डा जिन्दा रह सकता था, पर हम बिना माँ के जिन्दा नहीं रह सकते थे। अगर माँ ने पेट में से नि...
- माँ की उपासना कोई और क्यों नहीं करेगा?...? माँ के लिए, भगवान के लिए, तो बेटे और बेटी बराबर होते हैं। उसमें कोई जाति-बिरादरी नहीं होती। यह मनुष्...
- माँ की छाती से बच्चा नहीं लिपटे तो माँ का दूध उसे कहाँ से मिलेगा?...? पारस के छुए बिना लोहा सोना कैसे बनेगा? उसी प्रकार ईश्वर के समीप गये बिना आत्मा की भूख कैसे मिटेगी? य...
- माँ की याद आती है?...? मैं हूँ न तेरी माँ। तू मेरे पास आ जाया कर। मैं तुम्हारी माँ, बाप सब हूँ। लो पानी पियो।’’ उन्होंने मु...
- माँ के अनुदानों के प्रति सन्तान के हृदय में कृतज्ञता भरी मृदुलता क्यों कर रह सकेगी?...? मातृदेवोभव आदि उक्तियाँ निरर्थक हो जाएँगी। मातृ ऋण को लोग क्यों स्वीकार करेंगे या महत्त्व देंगे? यदि...
- माँ के द्वारा दूसरों के समाने डाँटने पर?...?
उत्तर- गम्भीर व मौन रहते हुए अपने आवश्यक कार्य में लग जायेंगे। माँ से अकेले में अपनी नाराजगी व्यक्त ...
- माँ के पास कौन-कौन-सा बच्चा बैठ सकता है?...? उनको तो बाहर जाना ही पड़ेगा और जाना ही चाहिए।
आपके दुःख, कष्ट और कठिनाइयों के बारे में हमने भले ह...
- माँ के साथ में क्रियाकलाप कैसा हो?...? माँ की गोदी में खेलना, माँ के सीने से लिपट जाना, माँ का सिर पर हाथ फिराना, माँ की छाती से दूध पीना, ...
- माँ को भी कोई प्रसन्न करता है क्या?...? छोटा बच्चा माँ के पेट में से पैदा होता है। क्या प्रसन्न करता है क्या? क्या प्रसन्न करेगा उस माँ को? ...
- माँ को मैं कैसे अलग कर दूँ?...? नहीं साहब! बेटी से अलग रहिए। बेटी से मैं कैसे अलग रहूँ? छोटी थी जब पैदा हुई थी और उसे हम गोदी लिए फि...
- माँ कौन है?...? तपस्विनी है जिसने अपने रक्त को, माँस को, हड्डियों को गलाकर के अपने बच्चे के लिए सौंप दिया और अपनी छा...
- माँ क्या करती है?...? माँ बच्चे के लिए समय-समय पर जरूरत की चीजें बनाकर खिलाती है, उसे छाती का दूध पिलाती है? हजम कर सके, ऐ...
- माँ चाहती थी कि मैं ढंग के कपड़े पहनकर स्कूल जाऊँ, पर लाती कहाँ से?...? एक दिन घर में साबुन के लिये पैसा न था। मैं मैले कपड़े पहनकर स्कूल चला गया। अध्यापक आये। उन्होंने क्ला...
- माँ तपस्या की मूर्ति होती है और कौन होती है तपस्या की मूर्ति?...? निगाह उठाकर देखते हैं तो धर्मपत्नी दूसरी तपमूर्ति नजर आती है। चौबीसों घण्टे काम करने वाली, प्रेम देने...
- माँ ने उसके लिए खाना पका दिया, कपड़े साफ कर दिए, उसे स्नान करा दिया, परन्तु बाप का क्या कोई कर्तव्य नहीं है?...? उसे भी सोचना होगा। माँ ने शरीर का उद्देश्य पूरा कर दिया, लेकिन आपने उसे प्यार दिया? नहीं साहब। हमने ...
- माँ ने क्या नहीं दिया?...? किसी का २५ सीसी. खून इंजेक्शन द्वारा लगवाते हैं, तो उसके लिए हमको ढेरों पैसे देने पड़ते हैं? डॉक्टर भ...
- माँ ने पूछा कि मैं क्या करूँ?...? माँ! शंकर भगवान कहते हैं कि अगर तू हमें शंकर भगवान को सौंप दे तो हमें छोड़ सकता है। माँ चिल्लायीं कि ...
- माँ ने शरीर का उद्देश्य पूरा कर दिया, लेकिन आपने उसे प्यार दिया?...? नहीं साहब। हमने उसे नैनीताल में भर्ती करा दिया। उसके लिए ट्यूशन आने-जाने के लिए साइकिल आदि की व्यवस्...
- माँ बच्चे के लिए समय-समय पर जरूरत की चीजें बनाकर खिलाती है, उसे छाती का दूध पिलाती है?...? हजम कर सके, ऐसी खुराक बनाकर देती है माँ। मनीषा वह है जो युग की आवश्यकताओं, समय की आवश्यकताओं, इनसान ...
- माँ बनाती है और जब माँ—नारी की दशा ऐसी ही बनी रही और वो भावनात्मक दृष्टि से ऊँची नहीं उठी, तो फिर कौन बनाएगा?...? शिक्षा की दृष्टि से ऊँची उठ जाए, तो उठ जाए। केवल शिक्षा किस काम में आती है? नौकरी के काम आती है, सर्...
- माँ बाप किसे कहते हैं?...? माँ बाप उसे कहते हैं, जब तक कि लड़का नाबालिग रहता हैं और जब तक वह जिसके सहारे रहता है, उसका नाम होता ...
- माँ से अलग रहिए?...? बेटे, माँ से मैं अलग कैसे रहूँ। उसने मुझे अपने पेट में पैदा किया। छाती से लगा करके रखा और कई वर्षों ...
- माँ से अलग होने के बाद में कितना नुकसान उठाया?...? हमने बहुत नुकसान उठाया। पिछले दिनों में न जाने कौन आया, जिसने हम माँ-बेटे को अलग कर दिया। माँ अलग इध...
- माँ से क्या मतलब है?...? माँ से ये मतलब है कि ये पूज्य और पवित्र हैं। पवित्रतम् और पूज्यतम्। कौन हैं? ये नारी। नारी कौन? ये द...
- माँ से पूछा—माँ, क्या तू मेरा साथ देगी?...? माँ ने कहा—बेटा! नहीं, मैं तेरी माँ हूँ , तेरा फर्ज और कर्तव्य है कि कहीं से भी ला, हमें नहीं मालूम।...
- माँ से बिछड़ करके बच्चा कहाँ जाएगा?...? कहीं नहीं जाएगा। आप शरीरों से तो जाना, पर मन से मत जाना। मन से तो यहीं आपकी माँ का आँगन है, इसी माँ ...
- माँ हर समय आँचल की छाया करती रहती है, हर समय अपने प्राणों से लगाए रहती है किसको?...? अपने बेटे को। किस बेटे को?
जिसने कि अपने जीवन को निछावर कर दिया, उस बेटे को अपनी छाती से लगाया है ...
- माँ-पिताजी से कोई वस्तु बार-बार माँगने पर भी न मिलने पर?...?
उत्तर- वस्तु की उपयोगिता पर फिर विचार करेंगे। घर की आर्थिक स्थिति को समझेंगे। आपनी माँग पर ज्यादा ज...
- माँ-बाप किसे कहते हैं?...? माँ-बाप उसे कहते हैं, जब तक कि लड़का नाबालिग रहता है और जब तक वह जिसके सहारे रहता है, उसका नाम होता ...
- माँ-बाप बच्चों को प्यार करते हैं बहुत प्यार करते है, लेकिन कीमती चीजें?...? कीमती चीजें आपको नहीं मिल सकतीं, क्योंकि आप बच्चे हैं।मित्रो! बच्चों को कभी कीमती चीजें नहीं मिलती ह...
- माँ-बाप बच्चों को प्यार करते हैं?...? बहुत प्यार करते हैं, लेकिन कीमती चीजें? कीमती चीजें आपको नहीं मिल सकती, क्योंकि आप बच्चे हैं।
...
- माँ-बेटी के बीच पर्दा कैसा?...? इससे तो उनके बीच स्नेह-सौजन्य का, आदान-प्रदान का, मन की बात कहने-सुनने का व्यवहार ही नहीं बनेगा। दोन...
- माँ-बेटी के बीच, पिता-पुत्री के बीच परदा कैसा?...? इससे तो उनके बीच विचारों का आदान-प्रदान ही रुक जाता है। कोई किसी से मन की बात कह भी नहीं पाती। परदा ...
- माँ-बेटे साथ-साथ नहीं रहेंगे, तो किसके साथ रहेंगे?...? बाप-बेटी भाई-बहिन साथ-साथ नहीं रहेंगी। बेटी बाप की गोदी में नहीं जाएगी, क्योंकि वह स्त्री है और ये...
- माँगता हो तो आप क्या कहेंगे उसको?...? चाहे बड़ी उम्र का भी हो जाए तो भी क्या कहेंगे? तो मैं उसको बच्चा कहूँगा। बच्चा बड़ी उम्र का? हाँ बड़...
- माँगता हो तो आप क्या कहेंगे उसको?...? चाहे बड़ी उम्र का भी हो जाए तो भी क्या कहेंगे? तो मैं उसको बच्चा कहूँगा। बच्चा बड़ी उम्र का? हाँ बड़...
- माँगने वाला बड़ा होगा?...? नहीं, माँगने वाला बड़ा नहीं हो सकता। नहीं साहब! हम माँग कर लाये हैं। अच्छा, तो फिर आपने उसका क्या क...
- माँगने से कहीं कुछ मिलता है क्या?...? नहीं महाराज जी! हम प्रार्थना से माँगेंगे, हाथ जोड़ करके माँगेंगे, इससे माँगेंगे, उससे माँगेंगे। बेट...
- माँगने से किसको क्या मिला है?...? नहीं साहब! हम- प्रार्थना करेंगे, पूजा करेंगे, श्रवण करेंगे, मनोकामना माँगेंगे। बेटे, माँगने से दस ...
- माँगने से किसको क्या मिला है?...? नहीं साहब! भगवान से माँगते हैं। बेटे, माँगने से क्या होता है। माँगने से कुछ नहीं होता। माँगने से क...
- माँगा है आपने?...? नहीं, माँगा नहीं है फिर खर्च हमने बहुत किया है। लाखों, हजारों आदमी, हजारों नहीं, लाखों नहीं, करोड़ों ...
- माँगिए क्या माँगते हैं?...? लेकिन फिर आप यह शिकायत मत करना कि हमको तो अभी और कमी रह गयी और अभाव रह गया।मैं समझता हूँ कि आपकी कमी...
- माँगो, क्या माँगती हो?...? ’’
पत्नी ने कहा, ‘‘गुरुजी मुझे, ज्ञान, भक्ति और वैराग्य दे दो।’’
पूज्यवर ने मुझसे कहा, ‘‘बाबूभाई...
- माँगो, क्या माँगते हो?...? ’’ मैंने भी यही माँगा, ‘‘ज्ञान, भक्ति और वैराग्य।’’
पूज्यवर ने हम दोनों के सिर पर हाथ रखा और दस मि...
- माँस का भाव क्या हो गया है?...? तू क्या किया कर, जंगल में चला जाया कर और हिरन पकड़ लाया कर। इसका क्या करूँ गा? बकरा तो ८० रुपये में ब...
- माँस काटने की जब हिम्मत न पड़ी तो क्या कर दिया?...? दही में लाल रंग का सिंदूर मिला दिया। यह क्या हो गया? यह माँस बन गया। दही में लाल रंग का सिंदूर मिला ...
- माँस माने वही माँस, जो खाने के काम आता है?...? हाँ, वही माँस है। माँस काटने की जब हिम्मत न पड़ी तो क्या कर दिया? दही में लाल रंग का सिंदूर मिला दिय...
- माँस से जप कर रहा था और क्या कर रहा था?...? शीश नवा रहा था। सिर और हाथ क्या है? मिट्टी के हैं और क्या कर रहा था? मुँह में पानी डाल रहा था और आरत...
- माँसाहार के पक्ष में यही दलील है कि स्वादिष्ट भोजन के अपने लाभ के लिए दूसरे को प्राण देने का भय सहना पड़ता है तो उसकी हम चिन्ता क्यों करें?...? स्वार्थ प्रधान हो गया तो दूसरों की सुविधा-असुविधा अथवा न्याय-अन्याय की बात क्यों सोची जायेगी?
...
- मांधाता किसका शिष्य बना था?...? शंकराचार्य का और भगवान बुद्ध का शिष्य बना था अशोक और हर्षवर्द्धन। आप ऐसे शिष्य बनिए, नहीं महाराज जी!...
- मांधाता ने कहा कि आप दिग्विजय के लिए विश्व में जा रहे हैं?...? उन्होंने कहा कि हाँ, जा रहा हूँ। तो आप यह मेरी सेना ले जाइए, मेरा रथ ले जाइए। आपसे शास्त्रार्थ में ज...
- माइक बोल रहा है?...? नहीं, भाईसाहब! माइक नहीं बोल सकता। कौन बोलता है? हम बोलते हैं, आप बोलते हैं, हमारी अकल बोलती है, हम...
- मातंग शबरी की सेवा से बहुत प्रसन्न होकर शबरी के लिये आश्रम में ही भोजन की व्यवस्था करा दी किन्तु शबरी ने उसे अस्वीकार करने हुए कहा-मैं अनाथ हूँ, हरिजन हूँ तो क्या?...? रोटी अपने परिश्रम की ही खाऊँगी अपना स्वाभिमान नष्ट न करूँगी। महर्षि ने नाराज होकर उसे आश्रम से निकाल...
- माता की पहचान जिन बच्चों को नहीं होती है तो उन बच्चों की मिट्टी पलीद हो गई?...? हमारी बहुत मिट्टी पलीद हो गई। हमें जिससे आत्मा का परिपोषण, प्यार मिलता था, उस माँ को हम भूल गये। उसे...
- माता की सन्तान एक और पिता की सन्तान का एक ही नाम है; क्योंकि दोनों सम्मिलित हो गए न, तो फिर सन्तान सम्मिलित कैसे नहीं होगी?...? मित्रो! हम अपने आप को जब भगवान के सुपुर्द कर देते हैं, तो क्या हो जाता है? स्वभावतः भगवान अपने आप को...
- माता के भक्त कैसे हो गए?...? उनके बिलकुल भक्त नहीं। शंकरजी के नहीं, भाँग धतूरा चढ़ा आओ जो झोले में हो, निकाल लाओ। शंकर जी भी घाट-...
- माता कैसी है?...? गायत्री माता का फोटो कैसा है? जरा बताना तो सही। बच्ची का है? नहीं। बुढ़िया का है? नहीं। बाल सफेद हो ...
- माता जी आप ये क्या कहती हैं?...? आप तो स्वर्गलोक से आयी हैं, तरण-तारिणी हैं, सबका उद्धार करती हैं। ठीक है, उद्धार करते हैं, पर उस व्य...
- माता जी का मिलता है?...? नहीं माता जी का भी नहीं मिलता। पिता जी का? पिता जी का भी नहीं मिलता। किसी का मिला सहयोग? नहीं साहब, ...
- माता जी का मिलता है?...? नहीं, माता जी का भी नहीं मिलता। पिता जी का? पिता जी का भी नहीं मिलता। किसी का मिला सहयोग? नहीं साहब,...
- माता ने क्या पहना?...? किस वातावरण में रही और उसकी मनःस्थिति किस तरह की रही? इस तरह की व्यवस्था बनाना पिता का काम है।
...
- माता मान पाएँ तब?...? सहधर्मिणी मान पाएँ तब? तब! यही महिलाएँ आपके लिए देवी की तरह से सहायक होंगी। आप चाहें स्त्रियों को दे...
- माता-पिता इन चित्रों को कैसे सहन करते हैं?...? ये पोस्टर रास्ते में होते हैं और हर एक की आँखों पर आक्रमण करते हैं। शहरों में नागरिकों, बहनों को शर्...
- माता-पिता कैसे होंगे?...? घरवाले क्या कहेंगे? आदि नाना विचार मेरे मन में आ रहे थे। गुरुजी समझ गये। गुरुजी ने बच्चे को गोद में ...
- माताजी आप यह क्या कह रही हैं?...? विश्वामित्र जब तक क्षत्रिय थे, तब तक नहीं मिलीं। जब वह सन्त और ब्राह्मण हो गए, तब गायत्री माता को वे...
- माताजी का बेटा—माताजी का बेटा आप नहीं बन सकते?...? क्या हर्ज है, आपको, बताइए? मदालसा के बेटे आप नहीं बन सकते? कुन्ती के बेटे बनने में आपको शर्म आती है,...
- माताजी ने पूछा कि क्या मक्खी आ गई?...? हमने कहा कि नहीं, हम इसे कैसे पी सकते हैं?मित्रो ! अगले दिनों लोगों को खाने से ज्यादा मजा खिलाने में...
- माताजी ने मुझे देखा और कहा, ‘‘तुझे, क्या हुआ है छोरी?...? ’’ ऐसा कहकर, एक थपकी टाँग पर, एक कन्धे पर और एक पीठ पर दी। बस तीन थपकी दीं और बोलीं, ‘‘बेटी, क्या हो ...
- माताजी बातों-बातों में जान लेती थीं व कहतीं-‘‘लल्लू इतने लम्बे रास्ते से क्यों आता है?...? छोटे रास्ते से आया कर।’’
एक दिन मैंने गुरुकुल कांगड़ी के पास दो रुपये का लाटरी टिकट खरीदा पर यह बात...
- माताजी हँसकर बोली, डरती क्यों है?...? मैंने तुझे नमकीन हलवा सिखाने के लिये बुलाया है। मैंने देखा, रसोई घर में गैस चूल्हे पर बड़ा सा भगोना र...
- माताजी, कैसे नहीं किया?...? किया तो है हमने। हम अंशदान देते हैं। दिया है कि नहीं दिया है? हाँ बेटे, सिर-माथे पर है। यदि यह अंशदा...
- मातृ ऋण को लोग क्यों स्वीकार करेंगे या महत्त्व देंगे?...? यदि उसे किसी रूप में स्वीकार भी किया जाए तो कोई पुत्र उसका हिसाब गणितीय ढंग से करके मुक्ति पा सकते ह...
- मात्र 15-20 लोगों के लायक भोजन था, जिसमें 50-60 लोगों ने भरपेट भोजन कर लिया?...? जो माँगोगे वही मिलेगा
सुश्री शक्ति श्रीवास्तव
दिनाँक, 14 जनवरी 1982 को पूज्य गुरुदेव हमारे यहाँ गा...
- मात्राएँ भी होती हैं?...? हाँ, मात्राएँ होती हैं, कितनी मात्राएँ होती हैं। मात्राएँ होती हैं—बारह। बारह मात्राएँ चबन्नी में थो...
- माथा-पच्ची कौन करे?...? यही कारण है कि अखण्ड ज्योति वाले विषय की अन्य पत्रिकाएँ कुछ दिन निकलने के बाद ही बन्द हो जाती हैं। ज...
- मादा सारस ने नर से पूछा-स्वामी महर्षि पिप्पल और सुकर्मा की साधना में किसकी साधना श्रेष्ठ है?...? नर ने उत्तर दिया-सुकर्मा की क्योंकि वह विरक्त होकर भी संसार की सेवा में जुटा हुआ है, भगवान् भक्ति से...
- मादा-मादा सब एक सी हैं?...? नहीं साहब! फरक कीजिए। नहीं, हम जानवर हैं, हम क्या फरक कर सकते हैं? तब हमें कोई तमीज नहीं थी। वे कुसं...
- माधवाचार्य ने पूछा तो हमें लाभ क्यों नहीं मिला?...? उन्होंने कहा कि आपके कषाय-कल्मष थे। वे अब धुल गए हैं, अब आपको लाभ मिलेगा। माधवाचार्य जी ने भैरव की उ...
- माधवाचार्य ने सन्देह से पूछा कि दर्शन क्यों नहीं दे पायेंगे?...? उन्होंने कहा—तेरे चेहरे पर गायत्री की शक्ति और तेजस् के आगे खड़े नहीं हो सकते। इसलिए सामने आने की हमा...
- माध्यम न बनता तो?...? तो मुश्किल थी बेटे! पत्थर न मिलता तो? तो मुश्किल थी। क्यों? क्योंकि आदमी की श्रद्धा को परिपक्व करने ...
- मान लीजिए अगर आप बीमार हो जाएँ, तो आपका समय बचेगा कि नहीं?...? आप यह समझें कि आप चार घण्टे नित्य बीमार हो जाते हैं। आप कहेंगे कि गुरुजी हम किस काम के लिए समय दें,...
- मान लिया बेटे, पर यह बता कि गोस्वामी तुलसीदास जी ने जिस दिन से भगवान का पल्ला पकड़ा, उस दिन के बाद भी क्या उन्होंने कभी मक्कारी की?...? नहीं महाराज जी! नहीं की। अंगुलिमाल डाकू बड़ा हत्यारा था। लेकिन यह बता कि बुद्ध भगवान की शरण में आने...
- मान लीजिए अगर वह सस्ती हो गयी, तो आपको नुकसान उठाना पड़ता है ना?...? निष्काम कर्म कैसे करें
अब आप बताइए कि यह आपके हाथ की बात है क्या? नहीं, यह आपके हाथ की बा...
- मान लीजिए कि आपने बच्चों को पढ़ाया-लिखाया भी ठीक तरह से, हर तरह से कोशिश भी की, लेकिन जैसा आप चाहते हैं, वैसा वे नहीं बन सके, तब क्या आप अपना दिमागी बैलेन्स खराब करेंगे?...? गाँधी जी का बड़ा लड़का था—हीरालाल गाँधी।...
- मान लीजिए कोई ऐसी बीमारी आ जाए, मुसीबत आ जाए या बाढ़ आ जाए या कोई ऐसा उपद्रव खड़ा हो जाए तो हम क्या करेंगे?...? इसीलिए हमने कहा था कि अभी हम आपसे अलग नहीं हुए हैं। अभी हम आपसे ज्यों के त्यों जुड़े हुए हैं। हमारी श...
- मान लीजिए गवर्नमेण्ट बीस लाख रुपये ले भी जाय, तो भी तीस लाख का सामान तो बच ही जायेगा न?...? बुड्ढा बहुत देर तक सोचता रहा कि तीस लाख किसे कहते हैं? तीस लाख रुपये की एक रुपये सैकड़े से तीस हज...
- मान लीजिए हमको परायी सम्पत्ति मिल भी जाए, तो वह सम्पत्ति कितने दिन की होगी?...? मैं समझती हूँ कि वह थोड़े दिन में चली जाएगी। जो अपनी उपार्जित सम्पत्ति होती है, वह टिकाऊ होती है। उसम...
- मान लीजिए, आप साठ आदमी हैं और उनमें से चालीस व्यक्ति ऐसे हैं, जिन्हें कहाँ जाना है?...? शाखाओं में जाना है, तो चालीसों के हाथ में शंख थमा दिया जाएगा और शंख बजाते हुए जब आप शहर के बाजार ...
- मान लो कल को मेरी माँ को ऐसा रोग हो जाता है, तो क्या मैं अपनी माँ की सेवा नहीं करूँगा?...? तो फिर इसकी सेवा करने में क्या बात है? और उन्होंने उसकी भरपूर सेवा की। यह व्यक्ति के अन्दर की सम्वेद...
- माननीय गोखले से एक बार एक सम्पन्न व्यक्ति ने पूछा—'आप इतने राजनीतिज्ञ होते हुए भी गरीबी का जीवन क्यों व्यतीत करते हैं?...? ' उन्होंने उत्तर दिया—'मेरे लिए यही बहुत है। पैसा जोड़ने के लिए जीवन जैसी महत्त्वपूर्ण वस्तु का अधिक भ...
- मानव के आन्तरिक शत्रु कौन-कौन से हैं?...? (२) अनीति को रोकने के लिए कठोर कदम उठाना क्यों आवश्यक है? (३) समाज की वर्तमान स्थिति में किसी भी व्य...
- मानवी चेतना पर अवतरित होने वाली अद्भुत जानकारियों का स्रोत कहाँ है?...? वे किस आधार पर घटित होती हैं? वे अनायास ही-व्यक्ति विशेष पर ही घटित होती हैं, या प्रयत्नपूर्वक वैसी ...
- मानवीय गरिमा के अनुरूप चिन्तन किस प्रकार करना चाहिए?...? अपना चरित्र स्तर कैसा रखना चाहिए? व्यवहार में शालीनता का समुचित समावेश किस प्रकार रखना चाहिए? वह सब ...
- मानस पूजा के लिए किन पुष्पों की आवश्यकता है?...? आपकी शुभ भावनाएँ, शिव संकल्प, भद्र कल्पनाएँ। इस पूजा के लिए कौन से धूप, दीप, चन्दन चाहिए? आपके सुन्द...
- मानसिक ब्रह्मचर्य किसे कहते हैं?...? बेटे! मानसिक ब्रह्मचर्य उसे कहते हैं, जब नारी, नर के बारे में और नर, नारी के बारे में अच्छे विचार कर...
- मामा हैं तो क्या हुआ?...? कोई भी क्यों न हों, जब गलत काम करते हैं, तो हमारे कोई नहीं, सब विरोधी हैं। भगवान् ने यह शिक्षण अपन...
- मामूली-सा आदमी क्यों न हो, लेकिन उसकी भी वाणी इतनी प्रभावशाली हो सकती है कि मैं क्या कह सकता हूँ?...? उसका सोचने का तरीका कितना उत्कृष्ट हो सकता है कि मैं उससे क्या कहूँ? आदमी का प्रभाव इतना ज्यादा हो स...
- माया किसे कहते हैं?...? बेवकूफी को। बेवकूफी किसे कहते हैं? जैसी कि हमने और आपने अपने-अपने ऊपर अपने आप से ओढ़ ली है। नहीं साह...
- मारकाट से भी कर रहे हैं, बीमारियाँ भी कर रही हैं, बाढ़ें भी कर रही हैं और जाने कौन-कौन कर रहा है?...? जहाँ कहीं भी देखिए हर जगह सूखे के साथ गीला भी जल रहा है। सब जगह तबाही ही तबाही मची है।बेटे! यह आपत्त...
- मारने वाले तो निमित्त मात्र थे, उन पर रोष करने से क्या लाभ?...? लड़कियों को घरों से उठा कर ले गये तो कहा गया, जिस लड़की का अन्न जहाँ बदा है, जिसके साथ इसका जूरी-संयोग...
- मारा नहीं उस बाबाजी को?...? नहीं साहब! अच्छा अब की बार आए तो उसके कान पकड़ लेना और कहना कि गलत बात बता रहा है। मित्रो! क्या बतान...
- मारा नहीं उस बाबाजी को?...? नहीं साहब। अच्छा अबकी बार आए तो उसके कान पकड़ लेना और कहना कि गलत बात बता रहा है। मित्रो! क्या बताना ...
- मारे गए तो?...? मारे भी जा सकते हैं। वे किस तरीके से रिस्क उठाते हैं? रिस्क उठाने में एक चीज की जरूरत है, जिसका नाम ...
- मार्ग पर उत्साह, पुरुषार्थ सहित चला गया या नहीं?...? इसी चयन, निर्धारण पर उत्थान-पतन की आधारशिला रखी जाती है। मनुष्य अपने भाग्य का स्वयं निर्माता है। अवा...
- मार्जन स्नान क्या होता है?...? आप अपने शरीर पर छींटे लगा लीजिए। इससे क्या हो जाएगा? इससे आपको कुंभ के दिन गंगाजी में स्नान का पुण्य...
- मार्जन स्नान क्या होता है?...? आप अपने शरीर पर छींटे लगा लीजिए। इससे क्या हो जाएगा? इससे आपको कुंभ के दिन गंगा जी में स्नान का पुण्...
- माल-मजा उड़ाते हुए, लालची और लोभी रहते हुए आप चाहें कि राम नाम सार्थक हो जाएगा?...? नहीं कभी सार्थक नहीं होगा। हमारे गुरु ने, हमारे महापुरुषों ने हमें यही सिखाया है कि जो आदमी महान...
- माल-मजा उड़ाते हुए लालची और लोभी रहते हुए आप चाहें कि राम नाम सार्थक हो जाएगा?...? नहीं कभी सार्थक नहीं होगा। हमारे गुरु ने, हमारे महापुरुषों ने हमें यही सिखाया है कि जो आदमी महान बने...
- मालदार आदमी बन जायँ, दुनिया में पैसे वाले आदमी, मालदार आदमी किस तरीके से बने हैं, बताना?...? बेटे, दुनिया में मालदार बनने का एक ही तरीका है कि उन्होंने अपने काम करने की शैली का परिष्कार किया ...
- मालदार बनने का और सम्पन्न बनने का दो ही तो महत्त्वाकांच्छाएँ हैं, दो ही तो मनोकामनाएँ हैं और क्या मनोकामना है?...? एक लोभ की मनोकामना है, एक मोह की मनोकामना है। दो के अलावा और कोई तीसरी मनोकामना दुनिया में है ही नही...
- मालदार बनने की और सम्पन्न बनने की दो ही तो मनोकामनाएँ हैं और क्या मनोकामना है?...? एक लोभ की मनोकामना है, एक मोह की मनोकामना है। दोनों के अलावा और कोई तीसरी मनोकामना दुनिया में है ही ...
- मालदारी कौन-से व्यापार से कमा ली?...? एक ही व्यापार था—उसका नाम चाहे तो अध्यात्म कह लीजिए और चाहे तो उपासना कह लीजिए।अध्यात्म फिलॉसफी का न...
- मालवीय जी के मरने के बाद वहाँ के कार्यकर्ताओं ने इस कदर लूटमार मचा दी कि उसका क्या कहना?...? अपना स्वार्थ सीधा करने के लिए उन्होंने उस संस्था का न जाने क्या-क्या कर डाला। अगर वह आश्रम जिन्दा होत...
- माला किस चीज की लूँ?...? बेटे! माला किसी भी लकड़ी की ले ले। बेटे! यह पाठ पहला नहीं है। यह ग्यारहवाँ है। महाराज जी! बीजमंत्र ल...
- माला किस चीज की लूँ?...? बेटे! माला किसी भी लकड़ी की ले ले। बेटे! यह पाठ पहला नहीं है। यह ग्यारहवाँ है। महाराज जी! बीजमंत्र लक...
- माला किसकी होती है?...? लकड़ी की बनी होती है। क्या क्या चीजें होती हैं, जो हाथ से घुमाई जाती हैं? बेटे, यह सब मैटेरियल है...
- माला किससे घुमाते हैं, हाथ से घुमाते हैं, माला किसकी होती है?...? लकड़ी की बनी होती है। क्या-क्या चीजें होती हैं, जो हाथ से घुमाई जाती हैं? बेटे, यह सब मैटेरियल है, ज...
- माला की क्या जरूरत है?...? बेटे! लोग अपने मन की मलिनता को धोने के लिए माला करते हैं। माला अपने आप की धुलाई के लिए है, अ...
- माला कैसे घुमाना चाहिए?...? हवन और आरती कैसे करना चाहिए, आदि क्या हैं? ये हैं हलचलें। कर्मकाण्डों में प्राण आ जाए— नाम और रूप क्...
- माला घुमाने से आपका क्या भला होगा?...? कुछ भला नहीं होगा, वह तो आपने ढाई घण्टे पूरे किए हैं। आपने हृदय से माला को नहीं फेरा।
कर का मनका छो...
- माला में कितनी मशक्कत करनी पड़ती है?...? माला चलाने में तो कुछ भी मेहनत नहीं करनी पड़ती। अँगुलियों से लकड़ी का एक-एक टुकड़ा घुमाते रहते हैं। ब...
- माला में क्या होता है?...? नमः शिवाय-नमः शिवाय और क्या कह रहा है? श्रीकृष्ण शरणं मम-श्रीकृष्ण शरणं मम। श्रीकृष्ण मेरी शरण में आ...
- माला में क्या होता है?...? नम: शिवाय-नम: शिवाय और क्या कह रहा है? श्रीकृष्ण शरणं मम्-श्रीकृष्ण शरणं मम्। श्रीकृष्ण मेरी शरण में...
- माला से क्या काम चलेगा शरीर का?...? बेटे! माला चबा लिया कर और पहन लिया कर। अच्छा, महाराज जी! रात को ठंढ लगे तब? ठंढ लगे तो ओढ़ लिया कर म...
- माला से क्या काम चलेगा शरीर का?...? बेटे! माला चबा लिया कर और पहन लिया कर। अच्छा, महाराज जी! रात को ठंड लगे तब? ठंड लगे तो ओढ़ लिया कर म...
- माला हमारे पास है, तो हम जीवन को परिष्कृत क्यों करेंगे?...? जब हम देवी की पूजा कर ही लेते हैं, तो हमको आध्यात्मिकता के विकास की जरूरत क्या है? मनोकामना अपने आप ...
- मालामाल होने पर क्या होता है?...? आदमी हरामखोर और कामचोर हो जाता है। सारे आदमी हरामखोर और कामचोर हो गये। बस बैठे रहे। किसी ने टेलीवि...
- माली को इतनी चिन्ता रहती है कि अपने कर्तव्यों और अपने फर्ज पूरे किये कि नहीं किये?...? दुनिया में रहें, काम दुनिया में करें, पर अपना मन भगवान् में रखें अर्थात् उच्च उद्देश्यों और उच्च आदर...
- माली है, कलम लगा-लगा करके कैसे बढ़िया बगीचे लगा लेता है?...? एक-एक पेड़ के ऊपर दस-दस तरीके के फूल आते हैं। एक-एक पेड़ के ऊपर चार-चार तरीके के फल आते हैं। उसकी टहनि...
- मालूम तो नहीं हमको दुकान कहाँ है?...? हमने हरिद्वार में देखा है कि उसी रुद्राक्ष के ग्यारह रुपये वसूल कर लेते हैं और उसी के तीन सौ रुपये भ...
- मालूम नहीं कहाँ रहती हैं?...? सुना है स्वर्गलोक में रहती हैं और देवताओं के पास रहती हैं। देवताओं के पास रहती हैं तो जमीन पर भी रह ...
- मालूम नहीं कि अपने आप को बदल देने के लिए आपने तैयारी की कि नहीं की?...? अगर आपने अपने आप को बदल दिया होगा तो मेरा शक्तिपात करने का मकसद जरूर पूरा हो जाएगा, लेकिन अगर आप बदल...
- मालूम नहीं कि आपने मेरी सहायता स्वीकार की कि नहीं?...? मालूम नहीं कि अपने आप को बदल देने के लिए आपने तैयारी की कि नहीं की?...
- मालूम नहीं किया है?...? अनदेखी चीज को देख लें। सोई हुई चीज को जगाइए। अपने गए-बीते स्तर को परिष्कृत कीजिए। ये उपासना है। उपास...
- मालूम नहीं कौन है?...? अनैतिकता को भगाओ, पाप को भगाओ, परन्तु भगाएगा कौन? दुनिया ने पाप को भगाया, पर वही चोर वाली बात सामने ह...
- मालूम नहीं कौन है?...? अनैतिकता को भगाओ, पाप को भगाओ, परन्तु भगाएगा कौन? दुनिया ने पाप को भगाया, पर वही चोर वाली बात सामने ह...
- मालूम नहीं भूत की क्या स्थिति है पर मैं आपसे कहता हूँ, आप भूत की तरीके से क्यों जिन्दगी जीएँ?...? देवता की तरीके से क्यों नहीं जीएँ? देवता की तरीके से जीएँ आप।
आपका पुराना ढर्रा बेहूदगियों से भरा ...
- मालूम नहीं मेरा सिखाना और समझाना आपके काम आया कि नहीं?...? आपके पत्थर जैसे दिल के ऊपर पानी की बूँदें गिरीं कि नहीं? अगर आपके ऊपर इन बातों का कोई असर नहीं हुआ ह...
- मालूम नहीं हम और आप जो, आज यहाँ बैठे हुए हैं, हम लोगों का कल क्या होगा?...? किसी को पता नहीं। इसलिए हमको समझदार राजा के तरीके से अपना जीवनयापन करना चाहिए। मित्रो! यह बा...
- मालूम नहीं, आप सोते रहे अथवा आप जाग्रत रहे?...? जाग्रत रहे होंगे, तो आपने अनुभव किया होगा; लेकिन यदि आप सोते ही रहे होंगे, तो मालूम नहीं कितना अनुदा...
- मालूम नहीं, भूत की क्या स्थिति है; पर मैं आप से कहता हूँ आप भूत के तरीके से क्यों जिन्दगी जिएँ?...? देवता के तरीके से जिएँ। आप का पुराना ढर्रा बेहूदगियों से भरा पड़ा है। आप ऐसा करें, यहाँ से जाने के बा...
- मालूम पड़ता था कि अब न जाने क्या होने वाला है और न जाने क्या होकर रहेगा?...? अनीति जब बढ़ती है, अवांछनीयताएँ जब बढ़ती हैं, दुष्टताएँ जब बढ़ती हैं, स्वार्थपरताएँ जब बढ़ती हैं, तो मि...
- मालूम पड़ता है कि जाने कहाँ से माँस आ गया?...? यह कहाँ से आता है? हवा में से आता है। क्या हवा की जरूरत नहीं है? केवल अन्न की जरूरत है? अन्न ही अन्न...
- मालूम है उसमें कितना तप खरच होता है?...? यह हमें हमारे बाँस भगवान से, बैंक से मिलता है एवं हम खरच करते रहते हैं। हमारा भगवान हमारे साथ पायलट ...
- मालूम है उसमें कितना तप खर्च होता है?...? यह हमें हमारे बॉस भगवान से, बैंक से मिलता है एवं हम खर्च करते रहते हैं। हमारा भगवान हमारे साथ पायलट ...
- मास्टर साहब ने ४५वाँ मंत्र पढ़ा दिया?...? हाँ पढ़ा दिया। अब क्या कर रहे हो? अब तो हम याद कर रहे है। कैसे याद करते हो दिखाना हमको। ऐसे याद करते ...
- मास्टरजी को पूछते, ‘‘ऐसा क्यों, ऐसा क्यों नहीं?...? इससे क्या होगा? ऊँचा क्यों, नीचा क्यों नहीं?’’ मास्टर साहब सिखाते रहे। सात दिन बाद उन्होंने आना बन्द ...
- मास्टरों के पास कहाँ है संस्कृति?...? मास्टरों व मजदूरों में आज कोई अन्तर है? मास्टर कहते हैं गुरु को और गुरु वे होते हैं जो शिष्य को अनगढ़...
- मास्टरों व मजदूरों में आज कोई अन्तर है?...? मास्टर कहते हैं गुरु को और गुरु वे होते हैं जो शिष्य को अनगढ़ता के अँधेरे से निकालकर सुगढ़ता का प्रकाश...
- मिक्सचर बना लेने से क्या हो जाएगा?...? आधा घण्टे में खुदा का नाम लेने से नदी पार होते हैं और आधा घण्टे राम का नाम जपकर पार होते हैं। यदि दोनो...
- मिट्टी का खिलौना?...? हाँ, मिट्टी के खिलौने को आप समझते क्या हैं! क्यों? साहब! मिट्टी का खिलौना हम भी बना लें, चाहे किसी क...
- मिट्टी के जखीरे की क्या कीमत है?...? एक पैसे की भी कीमत नहीं है। उसके भीतर दो जर्रे भरे पड़े हैं, जो अपने आप में कीमती है। उन जर्रों के भी...
- मिट्टी के द्रोणाचार्य, जिसे एकलव्य ने बनाया था, अभी तक जिन्दा हैं?...? नहीं बेटे, वह मिट्टी तो कहीं पड़ी होगी, लेकिन उसमें कोई चमत्कार नहीं होते? नहीं बेटे, वह पहले भी मि...
- मिट्टी के हैं और क्या कर रहा था?...? मुँह में पानी डाल रहा था और आरती उतार रहा था और ये दिखाना जरा! आरती काहे की है? पीतल की है? हाँ महार...
- मिट्टी कैसी होती है?...? बेजान होती है, जान नहीं होती कुछ भी। अकल-वक्ल भी नहीं कुछ। उस मिट्टी को उन्होंने जीवन्त बना लिया। म...
- मिट्टी कैसे बन सकती है?...? मिट्टी बन सकती है तब, जब उसमें श्रद्धा का समावेश कर दिया जाए। श्रद्धा किसी चीज में समाविष्ट कर दी जा...
- मिट्टी को जीवन्त?...? हाँ, मिट्टी को जीवन्त बनाया जा सकता है और वे असली द्रोणाचार्य से भी ज्यादा कारगर साबित हो सकती है। क...
- मिट्टी को तू कहाँ रख सकता है?...? इसे जला दे, हम और तुम दोनों चलेंगे। नहीं साहब! आप पिताजी को बेकार जलाने की बात कहते हैं, उन्हें गाली...
- मिट्टी को तू कहाँ रख सकता है?...? इसे जला दे, हम और तुम दोनों चलेंगे। नहीं साहब! आप पिताजी को बेकार जलाने की बात कहते हैं, उन्हें गाली...
- मिट्टी खराब होती है?...? मिट्टी खराब नहीं होती, पर बेटे, लोहे के साथ में मिट्टी है और लोहे को बेहतरीन बनाना है, तो हमें मिट्ट...
- मिट्टी चाहते हैं न?...? हाँ साहब! मिट्टी चाहते हैं।
तीसरी आकांक्षा क्या है? अहं। एक आदमी का अहं, मेरा बड़प्पन, मेरा य...
- मिट्टी चाहते हैं न?...? हों साहब! मिट्टी चाहते हैं।तीसरी आकांक्षा क्या है? अहं। एक आदमी का अहं, मेरा बड़प्पन, मेरा यश, मेरा न...
- मिट्टी में चैन कहाँ से आ जाएगा?...? पैसे में चैन कहाँ से आ जाएगा? इन चीजों में चैन कहाँ से आ जाएगा? चैन तो बेटे! आदर्शों में रहता है, सि...
- मिट्टी से रुपया बन सकता है?...? कैसे बन सकता है? आप मिट्टी लीजिए, मिट्टी से ईंटें बनाइये और ईंटें बना करके बाजार में बेच दीजिए और पै...
- मिठाई कैसे बाँटी जाएगी?...? कोई माता अपने लाल को कैसे निहारेगी? अपने लाल को पाकर कैसे धन्य होगी? एक का आनन्द-दूसरे का शोक, एक...
- मिठाई या खाना-भोग भगवान् को नहीं मिलता, तो क्या हरज था?...? राई के बराबर भी कुछ हरज नहीं था। भगवान् को खाने-पीने की और पहनने-ओढ़ने की वास्तव में कतई जरूरत नहीं...
- मिठाई या खाना-भोग भगवान को नहीं मिलता, तो क्या हरज था?...? राई के बराबर भी कुछ हरज नहीं था। भगवान को खाने-पीने की और पहनने ओढ़ने की वास्तव में कतई जरूरत नहीं ह...
- मिठाई या भोजन भगवान को नहीं मिलता, तो क्या हर्ज था?...? राई के बराबर भी कुछ हर्ज नहीं था। भगवान को खाने-पीने की और पहनने-ओढ़ने की वास्तव में कतई जरूरत नहीं ...
- मिठास क्या सिखाता है?...? और शक्कर क्या सिखाती है? वो हमने कितनी बार बताया और अक्षत क्या सिखाता है? कितनी बार बताया। जल क्या स...
- मिठास या मीठा?...? कोई मीठी चीज भगवान को खिलाते हैं, नमकीन नहीं। इसका अर्थ यह होता है कि आपकी वाणी, आपका व्यवहार ऐसा हो...
- मिठास या मीठा?...? कोई मीठी चीज भगवान को खिलाते हैं, नमकीन नहीं। इसका अर्थ यह होता है कि आपकी वाणी, आपका व्यवहार ऐसा हो...
- मिठास होगी तो क्या होगा?...? सारे-के-सारे व्यक्ति तुम्हारी सराहना करेंगे। दो तरह की मिठास होती है, एक तो प्रकृतिप्रदत्त-स्वभावगत ...
- मित्रता को मैं खराब कैसे कहूँगा?...? मित्रता तो बहुत अच्छी बात है। सहयोग बहुत अच्छी बात है। लेकिन आज के जमाने में, जिसमें आदमी के लिए हैर...
- मित्रो इस मानवता को त्राहि से बचाने के लिए कौन काम करेगा?...? इसमें काम करेगा बड़े दिल वाला तथा उदारता बढ़ती चली जाएगी तो ‘एटम बम’ भागते हुए चले जाएँगे छिपकली की तर...
- मित्रो को क्या देंगे?...? दोस्तों को क्या देंगे? धन? नहीं। अपनी भावनाएँ, विचारणाएँ और ऊँचा उछाल देने वाली सलाहें। सलाहें क्या ...
- मित्रो, क्या करना पड़ेगा?...? भक्तियोग के उस वास्तविक स्वरूप को समझना पड़ेगा जिसके लिए हमने आपको बताया था कि आप प्रकाश का ध्यान कि...
- मित्रो, यह क्या बात है?...? हमारी जान-पहचान किससे है? हमारी जान-पहचान भगवान् से है। जान पहचान का चमत्कार आदमी की पहचान बड़े आदम...
- मित्रो, हमारा जीवन किस काम के लिए खर्च हो गया?...? केवल मुट्ठी भर पत्थरों के लिए! हमने कभी भी सोचा नहीं कि हमें किस प्रकार जीना चाहिए। तो गुरुजी हमार...
- मित्रों ने कहा—आप सिनेमा नहीं जाते?...? उसने कहा—हमारी बीबी बीमार है और मैं उसकी सेवा वफादारी से करता हूँ। इससे अधिक सन्तोष कहाँ मिल सकता है...
- मिथ्या किसके लिए हैं?...? आप सबके लिए मिथ्या हैं। आपको यह एक चीज भी नहीं देंगी। आपका एक घण्टे का समय खराब करा लेंगी गायत्री म...
- मिनी वसन्त पर्व क्यों है?...? वसन्त पर्व तो अभी एक महीना पहले ही व्यतीत हुआ है, फिर यह कैसा मिनी वसन्त पर्व है? हाँ बेटे! यह मिनी ...
- मियाँ-बीबी भी दो आदमी होते हैं, उनमें भी कोई शामिल होता है?...? नहीं। न दो मियाँ होते हैं न दो बीबियाँ होती हैं। एक मियाँ एक बीबी होती है।इसलिये आपसे एकाकी अपील है,...
- मिर्च क्या होती है?...? मिट्टी। नींबू क्या होता है? मिट्टी। जलेबी क्या होती है? मिट्टी। खाना कौन चाहता है? मिट्टी। ये क्या ह...
- मिर्च क्या होती है?...? मिट्टी। नीबू क्या होता हैं?मिट्टी। जलेबी क्या होती है? मिट्टी। खाना कौन चाहता है? मिट्टी। ये क्या है...
- मिर्च तो यहाँ थी, फिर सबको खाँसी क्यों आ गयी?...? क्योंकि मिर्च वायुमण्डल में फैल गयी। मिर्च जली नहीं। फिर उसका क्या हुआ? मिर्च सूक्ष्म हो करके फैल गयी...
- मिल-बाँटकर खाने का मजा देखा है आपने?...? इक्कड़....., जो अकेला ही खाता रहता है, पाप खाता रहता है। अकेला ही संचय करता रहता है, वह आदमी पाप संच...
- मिल-बाँटकर खाने का मजा देखा है आपने?...? इक्कड़....., जो अकेला ही खाता रहता है, पाप खाता रहता है। अकेला ही संचय करता रहता है, वह आदमी पाप संच...
- मिलाने के लिए क्या करना चाहिए?...? भगवान के साथ योग करने से पहले क्या करना चाहिए? इससे पहले योग करना मैं सिखाऊँगा। किसके साथ योग किया ज...
- मिलिट्री का प्रशिक्षण किस तरह का होता है, आप जानते हैं क्या?...? मिलिट्री का प्रशिक्षण किसी आदमी को दिया जाय और वह यह कहे कि हम तो यहीं पर, इसी स्थान पर रहेंगे और ...
- मिल्क इंजेक्शन क्या होता है?...? दूध की छोटी-छोटी ट्यूब आती हैं। आप इन्हें केमिस्ट के यहाँ से खरीद सकते हैं और डॉक्टर के पास जाकर उसस...
- मिशन का पैसा, बेटे को मकान बनाने के लिये दे दूँ?...? क्या मुझे चोर समझ रक्खा है? बेईमान-उचक्का समझ रक्खा है?’’
अब तो कहने वाले भाई की सिट्टी-पिट्टी गुम ...
- मिशन को आप समर्थ बना सकते हैं कि नहीं?...? आपके विचारों की झाँकी आपके व्यवहार से भी होनी चाहिए। व्यवहार आपका इस तरह का न होगा, तो मित्र लोगों...
- मिशन को आप समर्थ बना सकते हैं कि नहीं?...? आपके विचारों की झाँकी आपके व्यवहार से भी होनी चाहिए। व्यवहार आपका इस तरह का न होगा, तो मित्र लोगों क...
- मिष्ठान्न क्या लिया जाय?...? उसे बनाने में क्या पदार्थ लिए जाएँ? यह भी यज्ञीय विधान का एक अंग है। शक्कर, चीनी, मिश्री, मिठाई आद...
- मिस्त्र के पिरामिड किस तरीके से बने?...? चाइना की दीवार किस तरीके से बनी? ये सारे-के-सारे किस्से आप सुनेंगे, तो आपकी आँखों में से खून टपक पड़...
- मीरा ने कहा कि भगवान् मिलेगा?...? महात्मा जी ने कहा कि हाँ, मिल जायेगा। तो हमको भी दर्शन करा दीजिए। बाबा जी ने अपने झोले में से पत्थ...
- मीरा की सखियों ने कहा कि यह बता कि तैने कृष्ण को कैसे खरीदा है?...? क्या कहीं से मोल खरीदा है?
उन्होंने कहा—"मैंने मोल खरीदा है।" "किससे खरीदा है?" उन्होंने कहा—"मैंन...
- मीरा के पास क्या था कमाल?...? मीरा के पास थी—श्रद्धा! श्रद्धा!! श्रद्धा!!! जो उसका प्राण है, अध्यात्म का प्राण है। कर्मकाण्डों के ...
- मीरा को क्या होने लगा?...? मीरा के लिए पत्थर का टुकड़ा कमाल करने लगा! असली भगवान के बराबर। असली नहीं, साहब! नकली था, कल्पना थी। ...
- मीरा ने गोस्वामी तुलसीदास को एक चिट्ठी लिखी कि इन परिस्थितियों में हम क्या कर सकते हैं?...? गोस्वामी जी ने कहा—परिस्थितियाँ तो ऐसी ही रहती हैं। दुनिया में परिस्थितियाँ किसी की नहीं बदलतीं। आदम...
- मीरा ने गोस्वामी तुलसीदास जी को एक चिट्ठी लिखी कि आप बतलाएँ कि हम क्या करें?...? घर वाले इस प्रकार कह रहे हैं और हमारी अन्तरात्मा दूसरी बात कह रही है। हर आदमी सलाह देता है कि आदर्श ...
- मीरा ने यही कर लिया और किस-किस ने किया?...? बेटे! अब कहाँ तक नाम गिनाऊँगा आपको। किस-किस के नाम गिनाऊँगा?रामकृष्ण परमहंस के पास भी एक खिलौना था। ...
- मीरा बाई अब जीवित नहीं है, तो क्या उनके कविताओं का कवित्त हमारे लिए जीवित नहीं है?...? सूरदास से लेकर तुलसीदास तक और रैदास से लेकर कबीर दास जी तक, और सुकरात से लेकर अफलातून तक, ईसा मसीह स...
- मीराबाई अब जीवित नहीं है, तो क्या उनकी कविताओं का संग्रह हमारे लिए जीवित नहीं है?...? सूरदास से लेकर तुलसीदास तक और रैदास से लेकर कबीरदास जी तक और सुकरात से लेकर अफलातून तक ईसामसीह से ले...
- मुँह कैसा है?...? दाँत कैसे हैं? ये किस काम आ सकता है? यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम आ सकता है? कामवासना के सेवन ...
- मुँह ने खा करके अपने पास जमा रखा?...? नहीं, जमा नहीं रखा। फिर कहाँ चला गया? वह अनाज जो मुँह ने खाया था, मुँह ने खाना चबाने के बाद पेट को द...
- मुँह फाड़ने पर यशोदा ने क्या देखा?...? भगवान का असली स्वरूप देखा। सारा विश्वब्रह्माण्ड उनके मुखारविन्द में था। सारे जीव-जन्तु, पशु-पक्षी, क...
- मुँह में गन्दी चीज तो नहीं रखता?...? नहीं महाराज जी, नहीं रखता। ऐसा तो नहीं होता कि तेरे मुँह में माँस-वास भरा रहता हो और तू जप करता रहता...
- मुँह में गन्दी चीज तो नहीं रखता?...? नहीं महाराज जी, नहीं रखता। ऐसा तो नहीं होता कि तेरे मुँह में माँस-वास भरा रहता हो और तू जप करता रहता...
- मुँह से जब भजन करता है तो पहले तू कुल्ला कर लेता है न?...? हाँ महाराज जी, कुल्ला कर लेता हूँ। मुँह में गन्दी चीज तो नहीं रखता? नहीं महाराज जी, नहीं रखता। ऐसा तो...
- मुँह से जब भजन करता है तो पहले तू कुल्ला कर लेता है न?...? हाँ महाराज जी, कुल्ला कर लेता हूँ। मुँह में गन्दी चीज तो नहीं रखता? नहीं महाराज जी, नहीं रखता। ऐसा तो...
- मुकदमा नहीं चलेगा?...? नहीं, क्योंकि यह पत्तों का बादशाह था। पत्तों का बादशाह कैसा होता है, जिसमें नाम और रूप तो है, पर...
- मुकदमा लग जाए तब, बीमारी हो जाए तब?...? तब आपको दुःखी होना ही चाहिए। मैं पारिवारिकता की ऐसी वृत्ति को विकसित होते देखना चाहता था। मैं यह देख...
- मुकुट क्या पहनाएँगे?...? यह आपकी भूल है। इसे सुधारना आवश्यक है।पूजा-उपासना के समय, भक्ति के समय आपने कोई मूर्ति या चित्र रखा ...
- मुक्त होने पर यदि किसी लोक में अकेला ही रहना पड़े तो उस सुनसान में क्या सुख मिलेगा?...? भगवान तो बहुत कार्यव्यस्त हैं, उनके पास बैठे भी रहे तो क्या लाभ? यदि उनमें घुल जायें तो अस्तित्व ही ...
- मुक्ति उसी क्षण मिल सकती है, क्योंकि वह हमसे दूर गयी कहाँ थी?...? भगवान तो सदा हमारे साथ हैं मित्रो! भगवान हमसे दूर कहाँ गया था? नाक में से होकर वायु के साथ-साथ हमारी...
- मुक्ति कहाँ होती है?...? बेटे! मुक्ति वहाँ होती है—ग्यारह-उन्नीस मील लम्बी दूरी पर। और स्वर्ग कहाँ है? स्वर्ग कहाँ है, बाइस हज...
- मुक्ति काहे से मिलेगी?...? मुक्ति तो बेटे! मिली-मिलाई है। इन चारों को तू काट दे, मुक्ति मिल जाएगी, शीघ्र मिल जाएगी। मरने के बाद...
- मुक्ति किसे कहते हैं, आप बता सकते हैं?...? आप तो मुक्ति की कीमत ही नहीं समझते। अगर आपने इसकी कीमत समझी होती, अगर आपने कुछ मेहनत-मशक्कत की होती,...
- मुक्ति के लिए भी प्रयास तो हम तब करें, जब यहाँ रहना हो और सिद्धियाँ?...? सिद्धियों के लिए उसी को कोशिश करनी चाहिए जिसके पास यह न हों। हमारे पास सिद्धियाँ भी हैं और हम मुक्...
- मुक्तियाँ आप चाहते हैं, तो मुक्ति किससे चाहते हैं, बताइये?...? ये ही हैं तीन। इन तीन से छुटकारा पाना आपके हाथ में है। भगवान के हाथ में मुक्ति नहीं है। आप प्राप्त क...
- मुख्य बात, असल बात यह है कि तेरी औरत किस भाव से खाना पकाती है और किस दृष्टि से तेरी सेवा करती है?...? सारे का सारा चमत्कार, सारे का सारा जादू यहाँ है। अगर वह मजबूरी से खाना पकाती है, पेट के लिए खाना पका...
- मुख्य बात—असल बात यह है कि तेरी औरत किस भाव से खाना पकाती है और किस दृष्टि से तेरी सेवा करती है?...? सारे-का-सारा चमत्कार, सारे-का-सारा जादू यहाँ है। अगर वह मजबूरी से खाना पकाती है, पेट के लिए खाना पका...
- मुख्य विचारक, प्रधान विचारक कौन हैं?...? मोरार जी देसाई और मुख्यमंत्री कौन? कर्पूरी ठाकुर। महाराज जी! उनको तो मंत्र की कोई जानकारी नहीं है? ह...
- मुखड़ा में कैसे?...? आप केवल आँख में ध्यान कीजिए। आँख में से उसके बीच जो पुतली काले तिल की तरह है, उसमें ध्यान करना शुरू ...
- मुझसे अगर कोई यह कहे कि चोर बुरा होता है या भिखारी?...? तो मैं दोनों का मुकाबला करते हुए चोरको कम सजा दूँगा। और भिखारी को ज्यादा सजा दूँगा, क्योंकि भिखारी न...
- मुझसे अगर कोई ये कहे कि चोर बुरा होता है या भिखारी?...? तो मैं दोनों का मुकाबला करते हुए चोर को कम सजा दूँगा और भिखारी को ज्यादा सजा दूँगा; क्योंकि भिखारी न...
- मुझसे कोई गलती हो गई है क्या?...? मैं डरते-डरते माताजी के पास पहुँची। माताजी हँसकर बोली, डरती क्यों है? मैंने तुझे नमकीन हलवा सिखाने क...
- मुझसे क्यों माँगेंगे?...? नहीं साहब! हम आपके घर में लक्ष्मी जी का पूजन कराएँगे, जो आपको मालामाल बना देगी तो फिर आप अपने ही घर ...
- मुझसे जो लड़का या लड़की पैदा हुई और वह मेरे जैसी न हुई या फूहड़ पैदा हुई तब?...? और फिर वह कितने साल का हो जायेगा, तब मेरे बराबर होगा? मैं तो बत्तीस साल का हूँ। आपको बत्तीस साल ...
- मुझसे यह मत पूछ, वरन यह पूछ कि जप करने वाले को किस तरह का जीवन जीना पड़ता है?...? किस तरह का जीवन जीना चाहिए।
दुराचार को रोकिए
मित्रो! हमारी दूसरी वाली इंद्रिय काबू...
- मुझे क्या करना चाहिए?...? बेटे अब हम बुड्ढे हो गए हैं और तू कमाने लगा है। तुझे साढ़े छह सौ रुपये मिलते हैं। देख, हम ये फटा हु...
- मुझे अविश्वास की जरूरत क्या है?...? उन्होंने कहा, नहीं, ऐसा है, यह जो शक्ति है, आत्मशक्ति, क्या भौतिक जगत में भी कुछ काम कर सकती है? क्य...
- मुझे आज भी इस बात का आश्चर्य है कि उन्हें मेरा मुम्बई का एड्रेस कैसे मिला?...?
इसके बाद 1976 में मैं हरिद्वार आया। मैं होटल में ठहरा था। गुरुदेव से मिलने शान्तिकुञ्ज आया। उस समय...
- मुझे इन बातों से कोई लेना-देना नहीं है कि आपका लिबास और पोशाक कैसी है?...? मैं तो आपके ईमान की बाबत कह रहा था। सन्त एक ईमान है। सन्त एक चरित्र है। सन्त एक दृष्टि है। सन्त एक परंपर...
- मुझे इससे क्या करना है मुझे मेरा भगवान मेरा ईमान, भगवान से जुड़कर मेरा ईमान रह जाता है, यह हमारा भगवान और हमें क्या आवश्यकता है?...? जब सन् १९७१ में गायत्री तपोभूमि से हम चले तो हम एक नया पैसा लेकर नहीं चले। भगवान हमारा साक्षी है केव...
- मुझे इससे क्या करना है?...? मुझे मेरा भगवान, मेरा ईमान, भगवान से जुड़कर मेरा ईमान रह जाता है, यह हमारा भगवान और हमें क्या आवश्यक...
- मुझे और दस साल मिल जाते तो हम दोनों न जाने क्या से क्या कर देते?...? किन्तु यह सब होगा हमारी सूक्ष्म सत्ता द्वारा ही। यह मात्र तीन साल पहले की बात बता रही हूँ आपको। मैंन...
- मुझे और दस साल मिल जाते, तो हम दोनों न जाने क्या से क्या कर देते?...? किन्तु यह सब हमारी सूक्ष्मसत्ता द्वारा ही होगा।
बेटे ! मात्र तीन साल पहले की बात बता रही हूँ आपको...
- मुझे कैसे मिलेंगे?...? उसने मुझे बताया कि यह हमारे गुरु, पण्डित श्रीराम शर्मा आचार्य जी हैं। तुम इनसे मिलकर आ रही हो, यह कैस...
- मुझे कोई कमीशन लेना है?...? कोई मैं एजेण्ट बनूँगा जो मैं उसकी खुशामद करूँगा? मैं उसे देख लूँगा तब पता बताऊँगा और जब तक देख नहीं ...
- मुझे क्या अधिकार मिलने से—राज्य मिलने से?...? ’’ लेकिन भगवान ने कहा—नहीं हमको आवश्यकता है। तुम्हें आवश्यकता नहीं है तो न सही। तुम तो दुकान खोलकर भ...
- मुझे क्या करना चाहिए?...? बेटे अब हम बुड्ढे हो गए हैं और तू कमाने लगा है। तुझे साढ़े छह सौ रुपए मिलते हैं। देख हम ये फटा हुआ पा...
- मुझे क्या पता कब तक हो जाएगा?...? मित्रो! क्या करना पड़ेगा कि जब परम्पराएँ इस तरह की दिखाई पड़ती हों, तब आप विश्वास करना कि अब रामराज्य आ...
- मुझे क्यों समझना है?...? अक्षत चढ़ाऊँगा। भाड़ चढ़ाएगा अक्षत। मित्रो! क्या करना पड़ेगा? आपको ये करना पड़ेगा कि क्रिया के साथ-साथ मे...
- मुझे खाना कौन खिलाएगा?...? मुझे प्यार कौन देगा? मुझे सँभालेगा कौन? उन्होंने कहा—एक वरदान तू भी माँग ले। उसने कहा—मेरी माँ जैसी ...
- मुझे गिड़गिड़ाना होगा तो मेरी आत्मा के सामने गिड़गिड़ाऊँगा और मैं यह कहूँगा कि ‘तू है शक्ति की पुञ्ज और मुझे अशक्त बनाये क्यों फिर रही है?...? मुझे दरवाजे-दरवाजे भटकने के लिये कह रही है और मुझे पत्थरों के टुकड़ों के सामने नाक रगड़ने के लिये क्यो...
- मुझे चोट आई होगी तो मेरे काम का क्या होगा?...? मैंने गुरुजी का ध्यान किया और गायत्री मंत्र जपने लगा। मैं भी गिर पड़ा था मोटर साइकिल मेरे ऊपर थी। मुझ...
- मुझे जगाया और बोले, ‘‘कहाँ भटक गये थे?...? ’’ बस! उसी दिन से मैं गुरुदेव का हो गया।
वर्ष 1978 में गुरुदेव ने मुझे एक कागज पर अपने हाथ से गायत्...
- मुझे तो आप एक ही वरदान दीजिए कि मैं जहाँ-जहाँ जन्म लूँ, हमेशा कष्ट का जीवन जियूँ, गरीबी का, छोटा और असुविधाओं का जीवन जियूँ, ताकि मैं दूसरे लोगों की कठिनाइयों के बारे में समझ सकूँ और मुझे यह ज्ञान और भान बना रहे कि दुनिया में गरीबी कैसी होती है?...? कष्ट, दुःख और असुविधाएँ कैसी होती हैं? उन असुविधाओं को, उनकी पीड़ाओं को बँटाने के लिए मैं एक कदम आग...
- मुझे तो कुछ मालूम नहीं, खरचा कितना हुआ और कितना होगा?...? क्या आपको नहीं मालूम?
बेटा! मुझे एक ही बात मालूम है कि जिसके साथ हम जुड़े हुए हैं, हमको पूरा विश्...
- मुझे तो मेरी वही लोहे की कुल्हाड़ी चाहिए?...? उसे मैं प्राणों से प्यारी चीज की तरह रखता था, जो कि मेरी जीविका चलाती थी। उसी से मुझे सन्तोष और शान्...
- मुझे प्यार कौन देगा?...? मुझे सँभालेगा कौन? उन्होंने कहा—एक वरदान तू भी माँग ले। उसने कहा—मेरी माँ जैसी थी, वैसी ही आप बना दी...
- मुझे बताइये न?...? पैसे की वजह से रुकावट होती है।...
- मुझे मर जाने दिया होता, क्यों बचाया?...? ’’ उन्होंने मुझे समझाया, ‘‘बेटी! जीवन बहुत कीमती है।’’ फिर मेरी सारी समस्या सुनी और मुझे समझा-बुझा क...
- मुझे मालूम है कि कितना आपने श्रम किया है?...? आपके हाथों में छाले पड़े हैं, मुझे मालूम है।
आपका कष्ट हमारा कष्ट
बेटे ! मेरे मन में छाले पड़े...
- मुझे मालूम है कितना आपने श्रम किया है?...? आपके हाथों में छाले पड़े हैं, मुझे मालूम है। बेटे! मेरे मन में छाले पड़े हैं, तुम्हारे हाथों में पड़...
- मुझे मेरा भगवान, मेरा ईमान, भगवान से जुड़कर मेरा ईमान रह जाता है, यह हमारा भगवान और हमें क्या आवश्यकता है?...? जब सन् 1971 में गायत्री तपोभूमि से हम चले, तो हम एक नया पैसा लेकर नहीं चले। भगवान हमारा साक्षी है, क...
- मुझे यकीन हो गया कि संसार में भी इस तत्त्व शक्ति के द्वारा भुगतान किया जा सकता है, इसे गायत्री की शक्ति भी कह सकते हैं?...? उपासना की शक्ति भी कह सकते हैं, साधना की शक्ति भी कह हैं, बस वहाँ से इशारा चला मेरा, उसी क्रम से मेर...
- मुझे यह मालूम पड़ा कि इसका प्राण कहाँ है?...? इसका न्यूक्लियस कहाँ है? गायत्री का केन्द्र कहाँ है? केन्द्र को मैंने सारे में तलाश किया। जो जर्रा होत...
- मुझे यह मालूम पड़ा कि इसका प्राण कहाँ है?...? इसका न्यूक्लियस कहाँ है? गायत्री का केन्द्र कहाँ है? केन्द्र को मैंने सारे में तलाश किया। जो जर्रा होत...
- मुझे शरम आती है कि मैं तो बुड्ढा हूँ और यह मेरे सामने 16-17 साल की रहेगी, तो इसे देखकर बाकी दूसरे लोगों की
क्या मनोभूमि बनेगी?...? शंकर जी ने कहा—अच्छा, लो और उन्होंने उसे सुअरिया बना दिया। अन्ततोगत्वा जो बच्चा था, वह रोने लगा कि अर...
- मुझे शेष क्या चाहिए?...? इतना मेरा कहना था कि मेरे आँसू निकल पड़े। उसमें से एक पत्ती अपने मुँह में डाली, वह इतनी कड़वी थी जिस...
- मुझे सँभालेगा कौन?...? उन्होंने कहा—एक वरदान तू भी माँग ले। उसने कहा—मेरी माँ जैसी थी, वैसी ही आप बना दीजिए। उन्होंने जल छि...
- मुझे सींग हैं या नहीं?...? मैं दूध देती हूँ क्या? मैं शाकाहारी हूँ या माँसाहारी? इत्यादि।
सामान्यतः १५ से २० प्रश्नों में उत्तर...
- मुट्ठी भर निकलने वाली अखण्ड ज्योति क्या गजब ढा रही है, आप देख नहीं रहे हैं?...? इस तरह की अखण्ड ज्योतियाँ अगर सब भाषाओं में निकलने लगें और जगह-जगह निकलने लगें, तो गायत्री तपोभूमि ए...
- मुनासिब क्या है?...? लोग गलती करें तो आप क्या कर सकते हैं? (लोग) तो गलतियों का ही जमाना है। आप पानी के बहाव में तिनके के ...
- मुनासिब जिन्दगी नहीं जी सकते तो ऐसी जिन्दगी जीने से क्या फायदा?...? आप नहीं जीयें। नहीं जीने से मेरा मतलब ये है, आप गरीबी में गुजारा कर लें। कंगाली में गुजारा कर लें। त...
- मुनासिब तरीके क्या हैं?...? मुनासिब क्या है? लोग गलती करें तो आप क्या कर सकते हैं? (लोग) तो गलतियों का ही जमाना है। आप पानी के ब...
- मुन्नी के लिये क्या विवाह छोटी उम्र में सम्भव है?...? कदापि नहीं। परन्तु वही मुन्नी जब बड़ी हो जाती है तो विवाह की बात होती है तो वह चुपचाप उठकर चली जाती ह...
- मुरगी की दया न हो तो अण्डा कहाँ से आए?...? जन्म लेने से पहले अण्डे के भीतर रहने वाले बच्चे को मेहनत करनी पड़ती है और अपनी ताकत के हिसाब से अण्डे क...
- मुर्गा आप और कौन?...? आप अपने से शुरू कीजिए। गुरुजी! यह कैसे शुरू करना पड़ेगा, मुझे तो अभ्यास भी नहीं है। हाँ बेटे, आपको ...
- मुर्गा न हो तो?...? तो भी बेटे, सबेरा तो होगा ही। मैं चाहता था कि आप का नाम लोगों की जबान पर हो कि सबेरे के लिए मुर्गा...
- मुर्गा बनने के लिए क्या करना पड़ेगा?...? बेटे, एक काम करना पड़ेगा और वह है- दिलेरी। दिलेरी के अलावा और किसी भी बात की जरूरत नहीं है आपको। ज्...
- मुर्गी की दया न हो, तो अण्डा कहाँ से आए?...? जन्म लेने से पहले अण्डे के भीतर रहने वाले बच्चे को मेहनत करनी पड़ती है और अपनी ताकत के हिसाब से अण्डे...
- मुर्गी जिन्दा ना हो तो अण्डा कहाँ से आए?...? लेकिन जन्म देने से पहले मुर्गी के अण्डे के भीतर रहने वाले बच्चे को मेहनत करनी पड़ती है और अपनी ताकत ...
- मुर्गी में से अण्डा, या अण्डे में से मुर्गी?...? बीज में से वृक्ष अथवा वृक्ष में से बीज की तरह है। यह प्रश्न भी है कि व्यक्तियों से समाज अथवा समाज से...
- मुर्गी से अण्डा होता है या अण्डे से मुर्गी?...? बीज से वृक्ष उत्पन्न होता है या वृक्ष से बीज? इस विवाद का समाधान कठिन है। एक दूसरे के साथ अविच्छिन्न...
- मुर्दे का क्या?...? उसकी तो पहचान ही है, अकर्मण्यता और निष्ठुरता। उसे पास बैठे लोगों का करुण विलाप भी नहीं सुनाई देता। आ...
- मुर्दे को जलाने, दुर्घटना में सहायता करने आप कैसे चले गए?...? आपको हैजा हो जाता, आपको छूत की बीमारी हो जाती, तो क्या होता? आपकी माँ ने कहा कि न जाओ, आपकी बीबी ने ...
- मुलायमियत क्यों नहीं अपने भीतर पैदा करते?...?
साथियो! समाधान अपनी जगह पर सही है। भगवान अपनी जगह पर सही है और भक्त अपनी जगह पर सही है। हमने आपका...
- मुलायमी क्यों नहीं अपने भीतर पैदा करते?...? साथियो! समाधान अपनी जगह पर सही है। भगवान अपनी जगह पर सही है और भक्त अपनी जगह पर सही है। हमने आपका जप...
- मुश्किल समस्यायें क्या हैं?...? एक समस्या यह है कि वातावरण में जहर भरता जा रहा है। हवा में जहर, पानी में जहर, मिट्टी में जहर—सभी जगह...
- मुसलमान कहते हैं कि हम कैसे मानें कि वे भगवान थे कि नहीं थे?...? ईसाई भी नहीं मानते कि रामचन्द्र जी भगवान थे। हम भी कैसे मानेंगे? हम तभी मानेंगे जब उनको उत्कर्षों ...
- मुसलमान काट रहे हैं इसको?...? नहीं, ईसाई भी नहीं काट रहे हैं इसको? तो फिर कौन काटता है? इसको वो काटता है, जिसको हम इस युग की अनास्...
- मुसलमान काट रहे हैं इसको?...? नहीं, ईसाई भी नहीं काट रहे हैं इसको? तो फिर कौन काटता है? इसको तो वो काटता है, जिसको हम इस युग की अन...
- मुसलमान के लड़कों को बहस करना नहीं आया?...? उनको भी आता है।आप सिखों के कॉलेजों में जाइए। वहाँ के सारे के सारे स्टूडेंट आपको साफा पहने हुए मिलेंग...
- मुसलमान के लड़कों को बहस करना नहीं आया?...? उनको भी आता है।आप सिक्खों के कॉलेजों में जाइये। वहाँ के सारे के सारे स्टूडेण्ट आपको साफा पहने हुए मि...
- मुसलमान भी प्रतीकों को नहीं मानते हैं क्या?...? मक्का, मदीना में प्रतीक ही तो रखा हुआ है जिसका वे चुंबन लेते हैं। समस्त देवात्मा हिमालय का मदिर कहीं...
- मुसलमान भी प्रतीकों को नहीं मानते हैं क्या?...? मक्का-मदीना में प्रतीक ही तो रखा हुआ है जिसका वे चुम्बन लेते हैं। समस्त देवात्मा हिमालय का मन्दिर कह...
- मुसलमान ८० करोड़ और इसाई १२० करोड़ हैं इसके अतिरिक्त चीनी एवं कितनी ही अन्य जातियाँ हैं?...? इस तरह से दुनिया में कुल ४०० करोड़ की आबादी है। इस प्रकार सारा-का ब्यौरा मैंने आपको बताया तो इनमें आप...
- मुसलमानों में कितनी संध्याएँ हैं?...? मुसलमानों में पाँच संध्याएँ हैं। उनके यहाँ पाँचों वक्त की नमाज है। हमारे यहाँ भी त्रिकाल संध्या ...
- मुसलमानों में गायत्री माता आप ले जाएँगे क्या?...? बेटे! ये भी बड़ा कठिन पड़ेगा। बड़ा मुश्किल है। आज से सौ वर्ष बाद शायद बात बन जाए, पर आज तो उन्हीं के सि...
- मुसीबत आ जायेगी आप इतनी बड़ी चारपाई को इस्तेमाल कर सकते हैं?...? नहीं कर सकते। हर चीज के इस्तेमाल की एक सीमा मुकर्रर है। मित्रो! सिकन्दर यही भूल गया। उसने कहा कि ह...
- मुसीबतें किसके पास नहीं आतीं, बताना जरा?...? आपमें से किसी के पास मुसीबतें आईं? हाँ, महाराज जी! हमारे व्यापार में बहुत घाटा हो गया। आपमें से इन म...
- मुसीबतों का मुकाबला नहीं कर सकता?...? बेटे! जीतता वह है, जो सिद्धान्तों पर चलता है और सिद्धान्तों को जीता है और जो सिद्धान्तों से हार गया, वह...
- मुस्कराते हुए धीरे-धीरे बिस्तर के पास व्यस्त डाक्टर, नर्सों के बीच आकर खड़ी हो गईं और कहा, ‘‘क्या हो गया?...? ’’ सिर पर हाथ फेरा। एक क्षण रुकीं, कहा, ‘‘ठीक हो जाएगा।’’ और धीरे-धीरे पंपिंग किया। धड़कन पुनः प्रारं...
- मुहल्ले वाले क्या कहेंगे कि देखो माला घुमाता है?...? पानी के बबूलों के तरीके से हिम्मत कहाँ गायब हो जाती है? समझ ही नहीं आता।
सिद्धान्तों की जीत है स...
- मुहूर्त की बात मत सोचिए?...? आप कभी भी ले आइये। यहाँ हमेशा ब्याह हो जाता है, क्योंकि यहाँ शुभ वातावरण है, शुभ भूमि है, शुभ एवं पु...
- मूँछ आने से क्या फर्क हो गया?...? स्त्रियाँ मूँछें लगा लें तब? तब फिर वे मरद हो जाएँगी और पुरुष मूँछ हटा लें, तो वे औरत हो जाएँगे।...
- मूर्ख या चमचे इर्द-गिर्द करके, उनके बीच रंगे सियार द्वारा वनराज बनने का ढकोसला भर खड़ा किया जा सकता है पर, उससे मिलता क्या?...? परोक्ष व्यंग, उपहास अपने साथ जो गहरी अवज्ञा छिपाये रहते हैं? उससे लोकसेवक, विदूषक स्तर का बनकर रह जा...
- मूर्ति कितने रुपए की होती है?...? बहुत कीमती होती है। हमने जयपुर से एक मूर्ति मँगाई है, वह तीन हजार रुपए में आई है। इसमें कितने रुपए क...
- मूर्ति कितने रुपये की होती है?...? बहुत कीमती होती है। हमने जयपुर से एक मूर्ति मँगाई है, वह तीन हजार रुपये में आई है। इसमें कितने रुपये...
- मूर्ति किस चीज की बनाई है?...? एक कपड़े की बना ली हमने। हमने प्लास्टिक की बना ली या कागज की बना ली हमने। हमने काय की बना ली, तो इससे...
- मूर्ति क्यों रखी है, सोचा आपने?...? बताइए इस चित्र व मूर्ति को देखकर कि इसकी उम्र कितनी होनी चाहिए? आपने देखा कि वह बीस साल की जवान युवत...
- मूर्ति-पूजा करते हैं, तो कौन-सा बुरा काम करते हैं?...? बता पहले? और तुम जो कर रहे हो, किसी को तुम नहीं मानते? दयानन्द को नहीं मानते? दयानन्द की फोटो है कि ...
- मूर्तिकार की साधना है?...? पत्थर का एक टुकड़ा नाचीज सा छैनी और हथौड़े को लेकर के मूर्तिकार जा बैठा और घिसने लगा, ठोकने लगा, घिसन...
- मूर्तिकार की साधना है?...? पत्थर का एक टुकड़ा नाचीज-सा छैनी और हथौड़े को लेकर के मूर्तिकार जा बैठा और घिसने लगा, ठोकने लगा, घिसने...
- मूर्तिपूजा से पिण्ड कहाँ छूटा?...? किसी का भी नहीं छूट सकता। मूर्तिपूजा की खिलाफत आर्य समाज भी करते हैं। आर्य समाज वाले मूर्ति पूजा को ...
- मूर्तियाँ इस बात की प्रतीक हैं कि हम उन भावनाओं को जिनको हम बार-बार भूल जाते हैं और जो बातें हमारे दिमाग में से निकल जाती हैं, हमारे ख्यालों में से निकल जाती हैं?...? उन्हें हम अपने ख्यालों में जगाएँ। जो बातें श्री कृष्ण भगवान जी के साथ जुड़ी हुई हैं, जो बातें भगवान श...
- मूर्तियाँ किससे बनती हैं?...? छैनी-हथौड़े से बनती हैं। अच्छा, एक पत्थर का टुकड़ा हम आपको देंगे ओर छैनी-हथौड़ा भी देंगे। आप एक मूर्...
- मूर्तियों के चमत्कार?...? हाँ, मूर्तियों के भी चमत्कार होते हैं। श्रद्धा हो तो, उसके समीप जाने से हमको निश्चित रूप से शान्त...
- मूल प्रश्न यह है कि उसे सम्पन्न करने की सामर्थ्य-सामग्री कहाँ से प्राप्त हो?...? इसके लिए शरीर और परिवार की लिप्सा और तृष्णा के निमित्त जो समूची शक्ति खप जाती है, उसमें कटौती की जाए...
- मूल्य लेंगे उसका?...? हमको नहीं चाहिए उसकी कीमत, चाहे वह अरबों−खरबों रुपये की ही क्यों न हों।
अन्तरंग से गुरु को स्...
- मूढ़ परम्पराओं ने इन कुरीतियों को धार्मिकता के साथ जोड़ दिया है, इस स्थिति को कब तक सहन किया जाता रहेगा?...?...
- मृगतृष्णा में भटकते हुए हिरनों को और क्या मिलता है?...? कस्तूरी की जहाँ-तहाँ तलाश करने वाले हिरन को और क्या मिलता है? सिवाय निराश के, तो आपको क्या मिलेगा? आ...
- मृतक के निर्जीव काय कलेवर से किसी को क्या कुछ मिल सकेगा?...? इसी प्रकार भाव-श्रद्धा से रहित पूजा को परिश्रम से इतना ही लाभ हो सकता है कि वह समय किसी दुष्कर्म में...
- मृत्यु का देव कौन है?...? शंकर। मौत का कभी हमने ख्याल नहीं किया। मित्रो! जिन्दगी के बारे में विचार किया; पर मौत के बारे में कभ...
- मृत्यु का साक्षात्कार क्यों न किया जाय?...? वह उठा और चल पड़ा। निरन्तर चलता रहा। मित्रों ने अस्वस्थता की याद दिलायी तथा विश्राम के लिए सलाह दी। उ...
- मृत्यु हो जाए तब?...? मुकदमा लग जाए तब, बीमारी हो जाए तब? तब आपको दुःखी होना ही चाहिए। मैं पारिवारिकता की ऐसी वृत्ति को वि...
- में चौंक पड़ा और मैंने उनके चरणों को पकड़कर कहा- बताइए, मुझे क्या करना चाहिए?...? उन्होंने कहा- एक ही काम करना चाहिए और वह यह है कि जिन्दगी की कीमत समझनी चाहिए। जिन्दगी का ठीक इस्तेमाल...
- में जो बात बताई है, वह मनुष्यों के ऊपर कैसे लागू हो जायेगी?...? कोई सामान्य मनुष्य ब्रह्मा कैसे हो सकता है? कोई सामान्य मनुष्य विष्णु कैसे हो सकता है? कोई सामान्य म...
- मेंहदी ले जाकर दूँगा?...? ’’ कहकर मैं मेंहदी लिये बिना ही नीचे आ गया।’’
मुक्ति दीदी-‘‘कुछ समय बाद मैं किसी काम से गुरुजी के प...
- मेडिकल फिटनेस का सर्टीफिकेट भी नहीं है?...? नहीं, वह भी नहीं है तो भाईसाहब, हम कैसे नियुक्त करा सकते हैं? इसी प्रकार अनुदान के लिए शर्त है। उसके...
- मेढक में भी जिन्दगी है, मछली में भी जिन्दगी है, कछुए में भी जिन्दगी है, चिड़िया में भी जिन्दगी है फिर इनको क्यों हम घटिया दर्जे का मानते हैं?...? उनको एक ही कमी है। इनको ज्ञान की कमी। मनुष्य ज्ञान का देवता माना गया है। ज्ञान की वजह से, मननशील होन...
- मेरठ के पास, यूपी में एक मेरठ नाम की जगह है वहाँ मेरठ के पास उस लड़के ने कहा क्योंजी माता-पिता से आप से कहा आँखें तो खराब है टाँगें तो खराब नहीं हैं, हम आपकी लकड़ी पकड़ लेंगे आप चलिए पीछे-पीछे, हमारे कन्धे पे सवार क्यों होते हैं?...? श्रवण कुमार के पिता अचम्भे में रह गये, अचम्भे में रह गये। उनका मतलब ये था कि हमारा लड़का सारे संसार ...
- मेरा अन्तःकरण बोल उठा कि जब तुम्हें पेट ही भरना है तो इसके लिये इतना बेचैन क्यों?...? इससे अच्छा तो यह है कि समाज की सेवा की जाए। मच्छर, मक्खी को भी जब भोजन मिल जाता है तो हमें क्यों नही...
- मेरा कहा मानो तो मार्डन तस्वीर बनाओ, फिर देखो तुम रातों-रात किस तरह चमकते हो?...?
यह मार्डन तस्वीर क्या बला होती है? राउल्ड ने उत्सुकतावश पूछा, क्योंकि इस नये शब्द को उसने पहली बार ...
- मेरा काम करोगे?...? तो मेरी गायत्री को घर-घर पहुँचा दो।’’ मैंने गुरुजी से पूछा, ‘‘इसके लिए मुझे क्या करना होगा?’’ गुरुजी...
- मेरा काम मंत्री बनाना है या गायत्री का प्रचार करना है?...? नहीं आचार्य जी! आप कह दीजिए कि मैं मंत्री हो जाऊँ, फिर मैं देख लूँगा। अरे बाबा! मैं कैसे कह दूँ! मैं...
- मेरा दोस्त सुनकर हैरान रह गया कि गुरुजी को कैसे मालूम हुआ?...? गुरुजी के चरणों में श्रद्धावनत होकर उसने माफी माँगी और आगे से ऐसा न करने की कसम खाई। तब गुरुदेव ने उ...
- मेरा ध्यान भगवान करते हैं?...? मेरा नाम भगवान लेते हैं?उन्होंने कहा-हाँ, आपके नाम का जप भगवान करते हैं।...
- मेरा नाम भगवान लेते हैं?...? उन्होंने कहा-हाँ, आपके नाम का जप भगवान करते हैं। क्यों, किसलिए करते हैं? आपने राम का नाम नहीं लिया त...
- मेरा पूरा परिवार घबरा गया कि अचानक यह क्या हो गया?...? दिन में चार-पाँच बार मुझे खून की उल्टी हो जाती थी। मेरा मुँह कड़वा होता और एकाएक लगभग आधा गिलास खून न...
- मेरा बेटा, तेरा बेटा, न जाने क्या लगा रखा है?...? यह हमारा खिचड़ीपन है, जिसमें कि हम चंद आदमियों को अपना मान बैठे हैं कि ये मेरे हैं और कुछ चीजों को, ...
- मेरा लड़का अलग है, जो देखते रहे, ऐसा कैसे हो गया?...? "
तो भगवान श्रीकृष्ण ने कहा—"बहन, भगवान तो जरूर हूँ और कुछ करना चाहता तो कर भी सकता था; लेकिन कर्...
- मेरा व्यापार जिन्दगी भर यही रहा है और मैं जानता हूँ कि इस व्यापार से कितना लाभ उठाया जा सकता है?...? कितना लाभ उठाया गया है? मैं चाहता हूँ कि मेरे तरीके से आप लोग भी लाभ उठाएँ और उसी तरीके से लाभान्वित...
- मेरा सिर दर्द बन्द हो जायेगा?...? नहीं बेटे, सिरदर्द बन्द नहीं हो सकता। फिर क्या कर देंगे? बेटे, हम जादू कर देंगे और चमत्कार कर देंगे...
- मेरा हृदय इतना दृढ़ है और इतना कोमल है कि अपने बच्चों के दुःख को देखकर के मन विह्वल हो जाता है कि यह कष्ट हमारे ऊपर क्यों नहीं आया?...? हमने क्यों नहीं सहा?
जिस तरीके से शंकर जी ने विष पिया था जनहित के लिए, इसी तरह हम भी अपने परिवारी...
- मेरा हृदय इतना दृढ़ है और इतना कोमल है कि अपने बच्चों के दुःख को देखकर के मन विह्वल हो जाता है कि यह कष्ट हमारे ऊपर क्यों नहीं आया?...? हमने क्यों नहीं सहा? भरसक प्रयास किया गया कि प्रत्येक परिजन का जिस तरीके से शंकर जी ने विष पिया था, ...
- मेरी आँखों में दरद हो रहा है, तो गुरुदेव क्या आज्ञा है?...? दूध चाहिए सिंहनी का, तू दूध लाएगा सिंहनी का। उन्होंने कहा—संकल्प मेरा है और शक्ति गुरुदेव आपकी है, म...
- मेरी आवाज़ सुन रहा है?...? तूने वसन्त पर्व पर यज्ञ करने का संकल्प लिया है, वसन्त पर्व पर नहीं, 13-14 जनवरी को यज्ञ करना। हमने अन्...
- मेरी उपासना का यही सार है कि हमारा अन्त:करण भगवान के अन्त:करण से किस तरीके से लिपट सकता है?...? मैं कैसे उपासना करता हूँ? अभी जो मैंने बताया बेटे ! यही गायत्री मंत्र की मेरी उपासना है। नहीं साहब! ...
- मेरी एक ही इच्छा और एक ही कामना रही है कि वसन्त पर्व के दिन आपको बुलाऊँ और अपने भीतर जो पक्ष है, उस पिटारी को खोलकर दिखाऊँ कि मेरे अन्दर कितना दर्द है?...? कितनी करुणा है? जीवन को पवित्र बनाने की कितनी सम्वेदना है? कितना देवत्व है? यही खोलकर आपको दिखाना चाह...
- मेरी कर्तव्यपरायणता देखकर जब उसकी आँखों में से आँसू की बूँदें ढुलक पड़ती हैं तो मैं तो ये समझता हूँ कि ये हीरे-मोती से ज्यादा बड़े उपहार हैं और जब उसकी हालत देखकर मेरी आँखों से मुहब्बत के आँसू छलक उठते हैं, तो वह समझती है कि स्वर्ग उस पर न्यौछावर हो गया?...? साथियो! पारिवारिक जीवन की सुख-शान्ति शक्ल-सुरत पर नहीं टिकी है, ये तो आदमी की सीरत पर टिकी हुई है। म...
- मेरी कुण्डलिनी जगी थी और उसने मुझे वहाँ से—छोटे-से देहात में जहाँ घर में खेती-बाड़ी का धन्धा होता था—बाप-दादे पण्डिताई का धन्धा करते थे, बढ़ते हुए मैं कहाँ से कहाँ चला आया?...? कुण्डलिनी ने मुझे कहाँ से कहाँ लाकर बिठा दिया। अब मैं उस गाँव का आदमी नहीं हूँ, सारे विश्व का आदमी ह...
- मेरी क्या इच्छा हो सकती है?...? ’’ प्रह्लाद ने कहा-मुझे कुछ नहीं चाहिए। भगवन्! मुझे कुछ नहीं चाहिए। जो सेवक कुछ पाने की आशा से अपन...
- मेरी छोटी सी बेटी है, उसका क्या होगा?...? रोते-रोते पूरी रात बीत गई, मेरे आँसू थमने का नाम नहीं ले रहे थे।
सुबह चार बजे मुझे गुरुजी के दर्शन...
- मेरी जबाँ पर यह सब न जाने कैसे आ गया?...? ऐसे ही आ गया होगा। सम्भव है जो भगवान को मंजूर है, वह पहले से ही हो जाता है। वह पहले से ही कहलवा देता...
- मेरी जमीन है, तो क्या यह आपने बनाई थी?...? नहीं, हमने तो नहीं बनाई। तो आपके पिताजी ने बनाई होगी? नहीं साहब! पिताजी ने तो नहीं बनाई, किसने बनाई?...
- मेरी जिन्दगी में ही मुझे क्यों बदनाम कर रहे हो?...? मेरे जाने के बाद मुझे बदनाम करना? अभी तो अपनी सफाई पेश करने के लिए मैं जिन्दा हूँ। अभी मुझे क्यों ...
- मेरी जीवनसंगिनी बन करके रहो?...? मुझे तुम्हारा प्रस्ताव नामंजूर है, क्योंकि मैं तुम्हारी सुविधा के लिए कुछ भी नहीं कर सकता। अपना पेट ...
- मेरी जो कुछ भी सांसारिक सफलता आपको दिखाई देती है; गुरुजी में कोई सांसारिक चमत्कार है और सांसारिक विशेषताएँ हैं, उनका कारण क्या है?...? गुरुदेव के सांसारिक गुरु
मित्रो! सांसारिक सफलताओं की यह शिक्षा, मेरे गुरु जो हिमालय पर रहते हैं...
- मेरी टाँग टूट गई तो?...? जामवंत ने कहा- तुम्हारी टाँग नहीं टूट सकती, क्योंकि अपने लिए नहीं, भगवान के काम के लिए छलाँग लगाने...
- मेरी नकल करने से क्या फायदा?...? मेरी नकल जब करनी हो, तो दो ही मेरे तप के माध्यम हैं, उन्हीं की नकल कर। लोग कहते हैं कि आपने गायत्र...
- मेरी निगाह से पूछिए आप प्रत्येक में इतनी शक्ति भरी पड़ी है कि मैं आपसे क्या कहूँ?...? मैं आपसे कुछ कह नहीं सकती, इतनी अपार शक्ति आपको मिल रही है, यदि आपने इसका उपयोग नहीं किया तो उस सेठ ...
- मेरी बात को समझिए, मेरी बात को समझने की कोशिश कीजिए कि क्या कहता हूँ?...? मैं यह कहता रहूँगा कि प्रतिमा को आप पूरा मान देंगे तो बात बनेगी नहीं।राष्ट्रीय झण्डा हमारे घर में लग...
- मेरी यह गन्दी आदत कैसे छूटे और मुख कैसे शुद्ध हो?...?
साधु ने समझाया -‘पश्चात्ताप करने तथा फिर ऐसा न करने की प्रतिज्ञा करने से बुरी आदत दूर हो जायेगी। मध...
- मेरी स्थिति देखकर एक व्यक्ति ने पूछा, ‘‘भाई साहब काँप क्यों रहे हैं?...? क्या बात है?’’ मैंने पूरी राम कथा सुनाई। उन्होंने कहा, ‘‘भाई साहब, पूरी धोती लाल हो गई है। ट्रेन तो ...
- मेरे पास क्या चीज है?...? तेरे पास है तेरा वक्त, तेरा श्रम, तेरा पसीना, तेरा हृदय, तेरा मस्तिष्क, तेरी बुद्धि, तेरी भावनाएँ।...
- मेरे अन्दर कोई कटुता तो नहीं आई?...? दूसरा तुम्हारी कमियाँ निकाले तो उस पर खीजो मत, वरन् उसको सराहो कि हमारी कोई कमी निकालने, बताने वाला ...
- मेरे गुरु ने मुझे जो दूसरा शिक्षण दिया, वह क्या था?...? जब मैं पन्द्रह वर्ष की उम्र का था, तब वे आये और उन्होंने मुझसे यह कहा कि तुम्हें किससे जप करना पड़े...
- मेरे गुरु ने मुझे बताया कि देख मानव जीवन कितना कीमती है, क्या तू इसे समझ पाया है?...? मैंने कहा, हाँ, यह बेशकीमती है। इससे बढ़िया और कोई दौलत प्राणी के लिए नहीं हो सकती, जितना इनसानी जीव...
- मेरे गुरु ने मुझे बताया कि देख मानव जीवन कितना कीमती है, क्या तू इसे समझ पाया है?...? मैंने कहा- हाँ, यह बेशकीमती है। इससे बढ़िया और कोई दौलत प्राणी के लिए नहीं हो सकती, जितना इनसानी जीव...
- मेरे जाने के बाद मुझे बदनाम करना?...? अभी तो अपनी सफाई पेश करने के लिए मैं जिन्दा हूँ। अभी मुझे क्यों तंग करते हो।...
- मेरे जीवन का भी ऐसा ही कुछ सौभाग्य है, जो आप देखते रहते हैं कि कितना काम हमारे पास है, कितनी समस्याओं से मैं घिरा रहता हूँ, लेकिन चिन्ता?...? चिन्ता मुझसे हजारों मील दूर पड़ी रहती है और नींद भी मुझे उसी कदर आती है जैसे महात्मा गाँधी को आती थी।...
- मेरे पति नाराज भी हुए, ‘‘बस भी करो, कितना रोओगी?...? ’’
जब हम अखण्ड दीप दर्शन करने गए तो जीजी, डॉ. साहब वहीं पर बैठे थे। जीजी ने मुझसे पूछा, ‘‘मैं इतना...
- मेरे पाँवों में सूजन आ जाती है और मुझे बड़ा कष्ट होता है और न जाने क्या-क्या हो रहा है?...? बस, मैं मरती नहीं हूँ और मेरे सब काम हो जाते हैं। गौतम बुद्ध ने कहा—बच्ची! हम तुझे आशीर्वाद ...
- मेरे पास और विचार होता, तो मैं आपसे छिपाता क्यों?...? लाखों पाठक मेरा इंतजार करते रहते हैं कि पहली तारीख तक गुरुजी ने क्या कहा होगा? जो कुछ भी मैं सोच प...
- मेरे पास कुछ है ही नहीं मैं कैसे जाऊँगी?...? इसे कहते हैं दर्शन, फिलॉसफी। देखने के अर्थ में नहीं फिलॉसफी के अर्थ में। बाद में खुदाबन्द करीम के यह...
- मेरे पास क्या है बताइये?...? मैं तो साल भर आपके पास पढ़ा हूँ और रोटी भी तो मैंने यहीं से खाई है। कपड़ा भी तो आपने ही पहनाया है। अ...
- मेरे पास क्या है?...? मैं क्या दे सकता हूँ।’ लौंग का एक जोड़ा लेकर गुरुदेव के पास गया और बोला कि गुरुदेव! दक्षिणा में बस ...
- मेरे पास दौलत कहाँ है, मेरे पास साधन कहाँ है, मेरे पास पलंग कहाँ है, फिर मैं तुम्हें कैसे कहूँ कि तुम मेरे साथ साथ रहो?...? मेरी जीवनसंगिनी बन करके रहो? मुझे तुम्हारा प्रस्ताव नामंजूर है, क्योंकि मैं तुम्हारी सुविधा के लिए क...
- मेरे पास प्रोसीजर है और जब मैं मरूँगा तो कहीं-न-कहीं लिख करके जाऊँगा कि अमुक कोश को जगाने के लिए क्या करना होता है?...? उपासना करने की विधियाँ क्या हैं? यह सब मैं बताकर जाऊँगा। इस जमाने के लिहाज से उपासना किस तरीके से की...
- मेरे पास फीस कहाँ से आई है?...? अरे बाबा! हम दाखिल करते हैं। अगर चुनाव हुआ तो हमारी तो किसी से भी जान-पहचान नहीं है। कोई बात नहीं, आ...
- मेरे पास रुपया कहाँ हैं?...? पैसा कहाँ है? मेरे पास साधन कहाँ हैं? भगवान ने कहा कि तू आगे चल और पीछे से मैं रुपया लेकर आया। और मि...
- मेरे पास रुपया-पैसा कहाँ हैं और मेरे पास साधन कहाँ हैं?...? भगवान ने कहा—चल आगे-आगे और मैं आया रुपया ले करके और मित्रो! वे आए, सम्राट अशोक आए। उन्होंने कहा—आप ह...
- मेरे पास सम्पत्ति नहीं है, तो क्या हुआ?...? पसीने की सम्पत्ति क्या कम है। पैसा नहीं है तो भाड़ में जाय। पैसे से सिर्फ क्या होता है? पसीना मेरी स...
- मेरे पास साधन कहाँ हैं?...? भगवान ने कहा कि तू आगे चल और पीछे से मैं रुपया लेकर आया। और मित्रो! सम्राट अशोक आया। उसने कहा कि आप ...
- मेरे प्राणों से प्यारी मीरा, श्रद्धा की मूर्ति मीरा जहर क्यों पिएगी?...? बेटे, उसके गिरिधर गोपाल ने उसके जीवन में रंग ला दिया। अपने कृष्ण के लिए वह मारी-मारी फिरी और कृष्ण ज...
- मेरे बाप-दादों की सम्पत्ति केवल एक घर ही है, वह आज नीलाम होगा, अब हम लोग कहाँ रहेंगे?...? आपने उसका पता पूछ लिया।
अगले दिन आप कचहरी में गए और उसके नाम तेईस सौ रुपया जमा करा आए। उधर वह आदमी द...
- मेरे बार-बार आग्रह करने पर एक दिन गुरुजी ने डाँट लगाई, बोले, ‘‘मैं कोई राजेश खन्ना हूँ?...? देवानंद हूँ? जो तू मेरी रिकार्डिंग करेगा?’’ अब उनसे दुबारा निवेदन करने का मेरा साहस नहीं था। फिर भी ...
- मेरे मन में आया कि मैं भी देखूँ गुरुजी कहाँ जा रहे हैं?...? मैं साइकिल पर उनके पीछे-पीछे हो लिया। थोड़ा डर भी लग रहा था कि कहीं देख लिया तो, पर मैं चलता गया। देख...
- मेरे मन में बार-बार विचार आने लगा कि पूर्णाहुति पर गुरुजी माता जी को क्या दूँ?...? मेरे पास पैसे कम थे अतः मैंने पूर्णाहुति के दिन गुरुजी माताजी की आरती उतारी, पूजा की व अपनी चूड़ी, हा...
- मेरे मोहल्ले में पचास औरतें रहती हैं और कितने आदमी रहते हैं?...? पचास आदमी रहते हैं और पच्चीस बाल-बच्चे रहते हैं। ठीक है, सवा सौ आदमी हुए। सवा सौ आदमी—सब आदमी-औरत का...
- मेरे लिए जो चमत्कार दिखाता है, वह कौन है?...? वह है बेटे, हमारा भगवान। क्या नाम है उसका? ईश्वर, परमात्मा। परमात्मा किसे कहते हैं? आत्मा जब परम...
- मेरे लिए मोटर क्यों ले आया?...? हम तो बैलगाड़ी में चले जायेंगे। हम तो किसान आदमी हैं। गरीब आदमी हैं। नहीं गुरुजी! आप मोटर से ही चल...
- मेरे संकल्प में रुकावट लगाती हो तो आत्मा और परमात्मा का कहना न मानकर तुम कहाँ जाओगी?...? विचार करता रहा, कौन? शंकराचार्य।शंकराचार्य ने फैसला कर लिया कि मम्मी का कहना नहीं मानना है। एक दिन व...
- मेले में गायब हो गया?...? मेले में तुम कितने आदमी गये थे? दस आदमी। अब कितने हो? नौ। नौ आदमी किस तरह से हो, गिनकर बताओ। उन्हो...
- मेले में तुम कितने आदमी गये थे?...? दस आदमी। अब कितने हो? नौ। नौ आदमी किस तरह से हो, गिनकर बताओ। उन्होंने बारी-बारी से एक, दो, तीन.......
- मेले में हम कैसे खो गए?...? अपना नाम कैसे भुला बैठे? अपना रास्ता कहाँ भूल गए? अभी न तो यह पता है कि हम कहाँ से आए हैं और कहाँ जा...
- मेहनत मजदूरी क्यों नहीं करते?...? भीख तो भगवान से भी मत माँगो, भगवान से माँगो वह शक्ति, ताकि हम सारे संसार में अच्छी परम्पराएँ डालते ह...
- मेहनत-मजदूरी क्यों नहीं करते?...? भीख तो भगवान से भी मत माँगो, भगवान से माँगो वह शक्ति; ताकि हम सारे संसार में अच्छी परम्पराएँ डालते ह...
- मेहमान किसे कहते हैं?...? अतिथि घर में कैसे आते हैं? पैसे की देख-भाल कैसे रखी जाती है? घर और सामान की व्यवस्था को किस तरीके से...
- मेहमान को ठहराना तो पड़ता है, उसे कैसे भगा दें?...? लेकिन जब घर से बाहर जाते हैं, तो लड़कियों से कह जाते हैं, लड़कों से कह जाते हैं, औरत से कह जाते हैं कि...
- मेढ़ाओं की लड़ाई देखी है आपने?...? जिन्दे मेढ़ों की लड़ाई न देखी हो, तो पण्डितों की लड़ाई देखना। जब ब्याह-शादी होती है, तो लड़की वाला पण्डि...
- मैं क्या करूँ उसके लिए?...? कृत्यों में भर लें प्राण— मित्रो! आप सब लोग जो यहाँ आए हुए हैं, यहाँ से जाने के बाद में कृपा करके ये...
- मैं उसको रास्ता बताऊँगा, उसको उसके कर्तव्य बताऊँगा और उसको यह बताऊँगा कि मनुष्य का जीवन कितना महान है और मनुष्य के जीवन से क्या किया जा सकता है?...? भगवान् जो कार्य स्वयं करता है, उसको मानव भी स्वयं कर सकता है, मैं जा करके ऐसा शिक्षण मनुष्य को द...
- मैं तो सत्संग करूँगा?...? बेटे, तू पागल आदमी नहीं है, जिसे यह पता ही नहीं है कि सत्संग क्यों किया जाता है। मित्रो! सत्संग कर...
- मैं तो फोकट में लाऊँगा, तो फिर तेरी भक्ति कैसी हो सकती है?...? यह भक्ति नहीं है। फिर क्या चीज है? यह तो जालसाजी है। सच्चे प्रेम की कथा मित्रो! इसका एक और मजेदार ...
- मैं अछूत हूँ क्या?...? मुझसे कुछ भी जवाब देते नहीं बना। फिर मैं सहज होकर ठीक से बैठ गया। ऐसे थे गुरुदेव! छोटी-छोटी बात का भ...
- मैं अपना पैसा विदेश बैंक में स्थानान्तरित कर दूँ क्या?...? चीन लगातार आगे बढ़ रहा है, भारत का क्या होगा?’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘इसकी जरूरत नहीं, युद्ध 7 दिन में बन्द...
- मैं अपनी जिन्दगी में वक्ता हो जाऊँगा?...? जरूर हो जाएगा, मैं यह आशीर्वाद देता हूँ।
बेटे! अपने मन को नियंत्रित करना और झिझक हटाना सीख ले...
- मैं अपनी सारी दौलत आपको देकर के जाऊँगा?...? मैं इसे रखकर क्या करूँगा।मित्रो! हम व्यक्तिगत जीवन में भी किफायत कर सकते हैं। पैसा तो ऐसी चीज है क...
- मैं अपने कुटुम्बियों के सामने भी न कहूँ तो आखिर किसके सामने कहूँ?...? अनीति के विरुद्ध आप नहीं उठेंगे तो कौन उठेगा? हम आपको उठाने के लिए कहते हैं तो किस-किस तरह हमें उठान...
- मैं आप किसी को गाली तो नहीं देती, यह मत कहना कि अरे माताजी यह क्या कह रही हैं?...? ब्राह्मण हैं, तो ब्राह्मण हम भी बैठे हैं। हम अपनी कौम के लिए कह रहे हैं। हम अपने लिए कह रहे हैं।
ब...
- मैं आप से पूछता हूँ कि एक सौ पच्चीस वर्ष की उम्र के व्यक्ति के चेहरे पर झुरीं आई होंगी कि नहीं?...? हाँ, महाराज जी! जरूर आई होंगी। बाल सफेद हुए होंगे या काले? सफेद हुए होंगे। अच्छा, एकाध दाँत उखड़ा हो...
- मैं आपके दर्द को बन्द कर दूँगा, पर क्या इससे शान्ति आ जाएगी?...? कोई शान्ति नहीं आयेगी। आपका घुटने का दर्द बन्द हो जाएगा, तो कान में दर्द शुरू हो जायेगा। फिर कहेंगे कि...
- मैं आपको और इतिहास बताऊँ?...? कितनी बार बता चुका हूँ। चाणक्य और चंद्रगुप्त का किस्सा मैंने एक बार आपको बताया था। एक बार रामकृष्ण प...
- मैं आपको और किसकी बताऊँ?...? तक्षशिला विश्वविद्यालय की बात बताऊँ। वह और भी बड़ा था। वहाँ से सारे के सारे एशिया में भगवान् बुद्ध ने...
- मैं आपको कुछ थोड़े से उदाहरण बताऊँगा, जुड़ना कैसे है?...? आपने आग में लकड़ी को जलते हुए देखा। लकड़ी की क्या कीमत है? दो कौड़ी की। लकड़ी को आप पैर के नीचे पलट दीजि...
- मैं आपको कौन-कौन सी घटनाएँ बताऊँ?...? जिन्होंने सही समय पर सही काम किया। एक थे रामकृष्ण परमहंस। वे एक लड़के के पास गये। वह उनके यहाँ आया कर...
- मैं आपको क्या बताऊँगा?...? मैं तो एक ही शब्द में कह सकता हूँ कि अगर आपने चमत्कार वाली बात सुनी हो, लाभ वाली बात सुनी हो, वरदान ...
- मैं आपको जगह बता दूँ, तो आप पहुँचेंगे?...? नहीं पहुँचेंगे। पहुँचना भी मत, अगर वहाँ पहुँच जायेंगे, तो भगवान् जी बहुत नाराज होंगे। जहाँ भगवान् ...
- मैं आपको तप के बारे में बता रहा था कि तप किसे कहते हैं?...? तप बेटे, उसे कहते हैं जिसमें हमारे बहिरंग जीवन की पुरानी वाली आदतों को दबाव डालकर बदल देते हैं और कह...
- मैं आपको प्राण और शरीर का अन्तर समझाने की कोशिश करता रहता हूँ और यह बताता हूँ कि शरीर का क्या मूल्य हो सकता है और प्राणों का क्या मूल्य हो सकता है?...? और दोनों की कीमत में कितना फरक किया जा सकता है? हमारा शरीर काम का तो है, लेकिन अगर यह मर जाए, इसमें ...
- मैं आपको प्राण और शरीर का अन्तर समझाने की कोशिश करता रहता हूँ और यह बताता हूँ कि शरीर का क्या मूल्य हो सकता है और प्राणों का क्या मूल्य हो सकता है?...? और दोनों की कीमत में कितना फर्क किया जा सकता है? हमारा शरीर काम का तो है, लेकिन अगर यह मर जाए इसमें ...
- मैं आपको बताता हूँ कि खौफनाक परिस्थितियाँ कैसी आ रही हैं?...? खतरे कैसे आ रहे हैं? पर मैं आपको आश्वासन देना चाहता हूँ कि आदमी के भीतर जो सुपीरियारिटी है, आदमी क...
- मैं आपको भक्ति के सिद्धान्तों को समझा रहा था और यह कह रहा था कि अगर आपके पास भक्ति आयेगी, तो आप सिद्धान्तों से प्यार करेंगे और जब आप सिद्धान्तों से प्यार करेंगे तब?...? तब आप निहाल हो जायेंगे। फिर आप समझिये कि आपका नाम सिद्धान्त से प्यार करने वाले सन्तों की परम्परा म...
- मैं आपको महापुरुषों की कहानियाँ सुना रहा हूँ, दृष्टांत दे रहा हूँ?...? नहीं, मैं यह बता रहा हूँ कि जिन व्यक्तियों ने जीवन में महानतम काम किये, तो उसी तरह से भगवान के प्यार...
- मैं आपको यह क्या समझा रहा था?...? भक्ति के सिद्धान्त समझा रहा था। भक्ति की निशानी बता रहा था। भक्ति एक दृढ़ता है, भक्ति एक फिलॉसफी ...
- मैं आपको यह समझाने वाला हूँ कि इन तीनों क्रियाओं का क्या उद्देश्य है और ये तीनों क्रियाएँ मनःक्षेत्र का कायाकल्प करने के लिए किस किस तरीके से लागू हो सकती हैं?...? दो बातें हो गईं। एक तो हुआ उनका मल-संशोधन, दूसरा हुआ उनका एकान्त सेवन। तीसरा एक और पक्ष वह यह था कि उ...
- मैं आपको यहाँ क्यों बुलाता हूँ?...? मैं आपको यहाँ सम्मेलनों के लिए, उद्घाटनों के लिए नहीं बुलाता हूँ। समारोहों में भाग लेने के लिए आपको ...
- मैं आपको यहाँ क्यों बुलाता हूँ?...? मैं आपको यहाँ सम्मेलनों के लिए, उद्घाटनों के लिए नहीं बुलाता हूँ। समारोहों में भाग लेने के लिए आपको ...
- मैं आपको ये बताना चाहूँगा कि आखिर देवताओं का जो स्वरूप बनाया गया है उसका कारण क्या है?...? उसकी विधि क्या है? और उसका उद्देश्य क्या है? चलिये मैं एक देवता जिनको मैं सबसे ज्यादा प्यार करता हूँ...
- मैं आपसे एक ही वरदान माँगती हूँ कि मुझे कष्टसाध्य जीवन दें, गरीब लोगों वाला जीवन जिऊँ ताकि मैं जान सकूँ कि गरीबी क्या होती है?...? कठिनाइयाँ क्या होती हैं? उनके कष्ट क्या होते हैं? यह सब मैं समझ सकूँ, ताकि उनकी सहायता कर सकूँ।मित...
- मैं आपसे क्या कह रहा था?...? यह बात कह रहा था कि आप वाणी का तप प्रारम्भ कीजिए। वाणी के तप के बाद में दूसरी चीजें प्रारम्भ होती हैं।...
- मैं आपसे क्या कह रहा था?...? मैं आपको योगी बना रहा था और यह कह रहा था कि आप अपनी व्यक्तिगत महत्त्वाकांक्षा को कम कर दीजिए और यह क...
- मैं आपसे पूछता हूँ कि आपने गायत्री उपासना की, लेकिन क्या आपने श्रद्धा की शक्ति को अनुभव किया?...? श्रद्धा की शक्ति का अगर अनुभव किया तो मैं फिर यह पूछता हूँ कि आपने क्या सिद्धान्त और आदर्श जो मानवीय...
- मैं आपसे पूछता हूँ कि एक भी पच्चीस वर्ष के व्यक्ति के चेहरे पर झुर्री आई होगी कि नहीं?...? हाँ, महाराज जी! जरूर आई होगी। बाल सफेद हुए होगे या काले? सफेद हुए होंगे। अच्छा, एकाध दाँत उखड़ा होगा...
- मैं आपसे यह कह रहा था?...? मैं आपको योगी बना रहा था और यह कह रहा था कि आप अपनी व्यक्तिगत महत्त्वाकांक्षा को कम कर दीजिए और यह क...
- मैं आपसे यह कह रही थी कि आप हमारे हाथ बन जाइए, कौन-सा हाथ बनेंगे?...? बेटे! दाहिना हाथ बन जाए, तो बड़ी अच्छी बात है, पर चल तू, बायाँ हाथ बना रहे, तब भी हमें कोई एतराज नही...
- मैं इतने बड़े मन्दिर का प्रबन्ध कैसे कर सकूँगा?...? ’
धनी पुरुष ने कहा- ‘मुझे बहुत विद्वान् नहीं चाहिए। मैं तो एक भले आदमी को मन्दिर का प्रबन्धक बनाना चा...
- मैं इन चित्रों की जगह-जगह प्रदर्शनी लगाकर समाज की विभिन्न समस्याओं के प्रति जनचेतना उभारूँगा और लोगों को उनके प्रति जागरूक करूँगा?...? भड़ाकने और यौन-उन्माद उत्पन्न करने अथवा प्रेरणाहीन तथाकथित आधुनिक चित्र बनाने को मैं कला की श्रेणी मे...
- मैं इनसे ब्याह कर लूँ तो?...? बाबा ने कहा कि कर लो। फिर तो वह तुम्हारा पति हो जायेगा तेरा भगवान्। बस मीरा का पति हो गया भगवान्। ...
- मैं इस गाँव के लिए कुछ करना चाहता हूँ?...? मित्रो! भगवान के भक्त के ऊपर सारे समाज का एहसान होता है, माँ-बाप का एहसान होता है। जो ऐसा सोचता है, ...
- मैं इस बात की तलाश करूँगा कि जहाँ भी आप गये थे, वहाँ हिलने-मिलने का, व्यवहार करने का आपका क्रम क्या रहा?...? अगर आप यह छाप छोड़कर आये कि हम शान्तिकुञ्ज से आये हैं। वहाँ जो विचारधारा दी जाती है, जो प्रेरणाएँ द...
- मैं उदाहरण दे रही हूँ कि भक्ति का स्वरूप कैसा हो?...? तो उन्होंने एक बात यह कही—हमारा आगा पीछा है, तुम छोटी हो, हम बड़े हैं, लेकिन तुम मिशन की माँ हो और म...
- मैं उन सारे नामों को बताऊँ?...? सारे नाम एक से बढ़कर एक हैं। लेकिन आज लोगों के अन्दर चालाकी भरी हुई है। वे चालाकी से नेता हो जाते ह...
- मैं उनको समझदार कहूँ?...? कैसे समझदार कहूँ? मैं तो उन्हें नासमझ कहूँगा। आपकी दुनिया नासमझ है और आध्यात्मिकता का उद्देश्य आदमी ...
- मैं उनको समझदार कहूँ?...? कैसे समझदार कहूँ? मैं तो उन्हें नासमझदार ही कहूँगा। आपकी दुनिया नासमझ है और आध्यात्मिकता का उद्देश्य...
- मैं उनमें से हर एक से कहता हूँ कि यह मत पूछिए बल्कि यह पूछिए कि क्या बनें?...? अगर आप कुछ बन जाते हैं तो करने से भी ज्यादा कीमती है वह। फिर जो कुछ भी आप कर रहे होंगे वह सब सही हो ...
- मैं उनमें से हर एक से कहता हूँ कि यह मत पूछिए, बल्कि यह पूछिए कि क्या बनें?...? अगर आप कुछ बन जाते हैं तो करने से भी ज्यादा कीमती है वह। फिर जो कुछ भी आप कर रहे होंंगे, वह सब सही ह...
- मैं उनमें से हरेक से ये कहता हूँ, ये मत पूछो, बल्कि ये पूछो कि क्या बनें?...? क्या बनें? अगर आप कुछ बन जाते हैं तो करने से भी ज्यादा कीमती है, पर जो कुछ भी आप कर रहे होंगे, वो सब...
- मैं एक और भी किस्सा आपको बता सकता हूँ?...? आपको कोई और विधि-विधान न आते हों, तो कोई बात नहीं। आप केवल अन्नमय कोश की उपासना कर लें, तो आप देवता ...
- मैं एक बात आपसे पछता हैं कि आपके भीतर भी कुछ है क्या?...? आपके भीतर बहुत शानदार चीज है। सही बात यह है कि जो कुछ बाहर दिखाई पड़ता है, वह तो उसकी छाया मात्र है,...
- मैं ऐसी घटिया जिन्दगी जीने को क्यों तैयार होता?...? उसने अपने हाथ ताबूत से बाहर निकालने को कहा और बोला कि लोगों से कहना कि सिकंदर बड़ा होशियार था और बड़...
- मैं कर्ता नहीं हूँ, फिर मेरा बन्ध-मोक्ष कैसे?...? जब वह समझ जाता है कि मैं क्या हूँ? तब उसे वास्तविक ज्ञान हो जाता है और सब पदार्थों का रूप ठीक से देख...
- मैं कहाँ जंगल में तुझे ढूँढ़ती फिरूँ?...? मैंने जब 24-24 लक्ष के अनुष्ठान किए थे, तब लड़कियाँ रखी थीं। वे मेरे पास रही हैं, उन्हें पढ़ाया-लिखा...
- मैं कहाँ तक बताऊँ?...? शंकरजी की महिमा ही मैं अगर गाता रहा, तो आप ये कह देंगे कि आप तो अपने ही देवता की बात कहते रहते हैं, ...
- मैं कहाँ निन्दा करता हूँ कलेवर की?...? मैं पहले बैठा हूँ कलेवर। क्या पहने बैठे हैं। देख! मैं कलेवर पहले बैठा हूँ। काहे का है? ये माँस का है...
- मैं कहाँ रहा?...? क्या करता रहा? यह बताने का विषय नहीं है। पहले बताने की बात थी सो मैंने लोगों को बता दिया था कि मैं ग...
- मैं कहाँ से लाऊँ, मेरे पास कुछ है नहीं?...? "
उस दैत्य ने लकड़हारे को सोने-चाँदी की कुल्हाड़ी दी, ले कुल्हाड़ी। लकड़हारे ने कहा—"महाराज! मेर...
- मैं कहानी का अर्थ समझाना चाहूँगा आपको, ताकि गायत्री की परिभाषा आपकी समझ में आ जाए कि गायत्री क्या हो सकती है?...? गायत्री ऋतम्भरा-प्रज्ञा का नाम है। एक कहानी सावित्री और सत्यवान की है। एक लड़की बड़ी रूपवती, बड़ी कुलवत...
- मैं किस प्रकार अन्याय का शिकार बनाया जा रहा हूँ?...? वह अधिक बोझ लद जाने पर कष्ट का और हरी घास मिल जाने पर शान्ति का अनुभव करता है, पर हमारी तरह सोच नहीं ...
- मैं किसकी प्रशंसा कर रहा हूँ?...? भक्ति की? भक्ति की बाद में, सबसे पहले प्रतिभा की, समझदारी की। प्रतिभा की बात मैं कह रहा हूँ। प्रति...
- मैं किसकी प्रशंसा कर रहा हूँ?...? भक्ति की? भक्ति की बाद में, सबसे पहले प्रतिभा की, समझदारी की। प्रतिभा की बात मैं कह रहा हूँ। प्रतिभा...
- मैं किसकी बात कर रहा था?...? अहिल्याबाई की बात कह रहा था। नहीं अहिल्याबाई की नहीं, मैं जाग्रत और जीवन्त आत्मा की बात कर रहा था। जा...
- मैं किसकी बात कर रहा था?...? अहिल्याबाई की बात कर रहा था। नहीं अहिल्याबाई की नहीं, मैं जाग्रत और जीवन्त आत्मा की बात कर रहा था। जा...
- मैं किसके-किसके किस्से सुनाऊँ?...? आपको औरंगजेब का किस्सा बताऊँ, आपको शाहजहाँ का किस्सा बताऊँ। कितने सारे मुसलमान खानदानों के किस्से बत...
- मैं किसलिए बुलाता हूँ?...? मैं इसलिए बुलाता हूँ कि अपनी जिन्दगी का सार और निचोड़ आपके सामने सुपुर्द करने में सफल हो सकूँ। मेरी प...
- मैं किसलिए बुलाता हूँ?...? में इसलिए बुलाता हूँ कि अपनी जिन्दगी का सार और निचोड़ आपके सामने सुपुर्द करने में सफल हो सकूँ। मेरी प...
- मैं किसे समझाऊँ, क्यों समझाऊँ और क्या समझाऊँ?...? लेकिन मैंने आपको निमंत्रणपत्र इसीलिए भिजवाए थे कि शायद आप अच्छे आदमी और बेहतरीन आदमी ले आएँगे, लेकिन...
- मैं किसे समझाऊँ, क्यों समझाऊँ और क्या समझाऊँ?...? लेकिन मैंने आपको निमंत्रण-पत्र इसीलिए भिजवाए थे कि शायद आप अच्छे आदमी और बेहतरीन आदमी ले आएँगे, लेकि...
- मैं कैसे उपासना करता हूँ?...? अभी जो मैंने बताया बेटे ! यही गायत्री मंत्र की मेरी उपासना है। नहीं साहब! आप कोई और मंत्र कहते होंगे...
- मैं कैसे कह सकता हूँ कि यह भक्ति है?...? घिनौनी भक्ति-विडंबना भरा स्वरूप
मित्रो! भक्ति का स्वरूप पिछले दिनों बहुत ही घिनौना होता हुआ ...
- मैं कैसे कह सकता हूँ कि यह भक्ति है?...? घिनौनी भक्ति-विडंबना भरा स्वरूप
मित्रो! भक्ति का स्वरूप पिछले दिनों बहुत ही घिनौना होता हुआ चला ग...
- मैं कैसे कहूँ, कैसे समझाऊँ?...? लेने का सुख तो आपने पाया है, लेकिन देने का भी सुख कभी आपने पाया है क्या? किसी को कुछ दिया भी है कभ...
- मैं कैसे मालिक हूँ?...? अरे बेटे! तू जा, गंगा जी में पानी पी और भरकर ले आ, कोई तुझे रोके तो मुझसे कहना। अगर तू अपने को गंगा ...
- मैं कोई डॉक्टर हूँ क्या?...? पहले बच्चा नहीं होता था, तो बच्चा हो गया। फिर कहेंगे कि साहब! हमारी बेटी विधवा हो गयी। उसका कुछ इंतज...
- मैं कौन हूँ?...? और कब-कब जन्म लिया और यह शक्ल जो मुझे गुरुदेव के रूप में दिखायी पड़ती है, कब-कब मेरे साथ नृत्य करती र...
- मैं क्या कर सकता हूँ?...? जब लड़की का सवाल होता है, तो हर आदमी दहेज विरोधी हो जाता है और जब लड़के का सवाल आता है, तो आदमी ऐसा पि...
- मैं क्या कर सकता हूँ?...? सारी दुनिया में मुसीबतें हैं। सारी दुनिया में कष्ट हैं। संसार में सुख-दुःख तो चलते रहते हैं।...
- मैं क्या करूँ, गुरुवर?...? मेरा मार्गदर्शन करने की कृपा करिये।’’
गुरुदेव को हमने इतनी ध्यानमग्न मुद्रा में पहली बार देखा। फिर ...
- मैं क्या करूँगी बता?...? चल तेरा मान होता है तो रख लेती हूँ, वितरित कर देती हूँ लेकिन हमको बहुत आवश्यकता है किसकी? एक-एक लड़क...
- मैं क्या कह रहा था आपसे?...? यह कह रहा था कि काम करने की शैली-जिसको हम कर्मयोग कहते हैं। कर्मयोग उस समय होता है, जिस समय आदमी अ...
- मैं क्या कह रहा था?...? यह कह रहा था कि अगर आप अपने जीवन में भजन का मूल्य समझते हों, भगवान का मूल्य समझते हों और यह समझते हो...
- मैं क्या कह रहा था?...? यह कह रहा था कि रामचंद्र जी और श्रीकृष्ण भगवान, दोनों के दोनों इसी यज्ञीय प्रक्रिया को अपनाकर चले? स...
- मैं क्या कह रहा था?...? ईश्वर का विश्वास आदमी की निष्ठा पर टिका हुआ है। ईश्वर का विश्वास निष्ठा से ताल्लुक रखता है, आदमी क...
- मैं क्या कह रहा था?...? मैं यह कह रहा था कि इंसान की सत्ता में तीन लिफाफे हैं। उसके तीन कलेवर हैं। आपने देखा नहीं कि बीमा कर...
- मैं क्या कह रहा था?...? मैं यह कह रहा था कि परस्पर शोधन करते-करते सामान्य चीजें, घटिया चीजें भी बढ़िया चीजें बन जाती हैं। इस...
- मैं क्या कह रहा था?...? यह कह रहा था कि आदमी का व्यक्तित्व मिट्टी में मिले लोहे के तरीके से है। उसमें या उसके भीतर बहुत से क...
- मैं क्या कह रहा था?...? यह कह रहा था कि अगर आप अपने जीवन में भजन का मूल्य समझते हो, भगवान का मूल्य समझते हों और यह समझते हों...
- मैं क्या कह रहा था?...? मनोकामना की बात, सिद्धियों की बात कह रहा था। अगर इसका नाम अध्यात्म है, गायत्री है, अनुष्ठान है, तो म...
- मैं क्या कह रहा था?...? मैं यह कह रहा था आपसे इसमें कर्मकाण्डों का बराबर का समन्वय रखा है। आप ये ख्याल रखेंगे, जब हम विदा हो...
- मैं क्या कह रहा था?...? मैं यही कह रहा था कि आज भी वह बादल जो मेरे ऊपर बरसा एवं हमारा शक्तिपात कर दिया, हमारी कुण्डलिनी जाग्...
- मैं क्या कह रहा हूँ?...? धन के संयम, अर्थसंयम की बात कह रहा हूँ। पैसे तो हम बहुत कमाएँ, लेकिन अपने लिए कम से कम खरच करें तो ह...
- मैं क्या कह रहा हूँ?...? मैं वाणी के साथ चरित्र की बात कह रहा था। वाणी के साथ में उदात्त जीवन की बात कह रहा हूँ। उदात्त जीव...
- मैं क्या कह रहा हूँ?...? मैं यह कहा कि आप कर्मकाण्ड का, अपनी क्रिया का महत्त्व नहीं समझते। आप ईमानदारी का महत्त्व नहीं समझत...
- मैं क्या कह रहा हूँ?...? आत्मसाधना की बात कह रहा हूँ। आप तो परिवार शिविर लगा रहे थे? हाँ भाई साहब! परिवार शिविर से मेरा मतलब ...
- मैं क्या कह रहा हूँ?...? मैं यहाँ से कह रहा हूँ, जहाँ से तपश्चर्या प्रारम्भ होती है। भौतिक तपश्चर्या भी इसी में शामिल है। तपस्...
- मैं क्या कह रहा हूँ?...? बेटे, मैं तप की महत्ता और माहात्म्य बता रहा हूँ। आदमी को आध्यात्मिक जीवन में उन्नति करने के लिए तपस्...
- मैं क्या कह रहा हूँ?...? मैं अध्यात्म की बात कह रहा हूँ। अध्यात्म को ही भजन कहते हैं क्या? चल हट। भजन तो इसका कलेवर है। भजन त...
- मैं क्या कह रहा हूँ?...? मैं तो वही बात कह रहा हूँ जो आपने समझ रखी है। आपने गायत्री मंत्र को बाजीगरी समझ रखा है, आपने गायत्री...
- मैं क्या कह सकता हूँ आपसे गायत्री की कितनी शिक्षाएँ हैं?...? आज मैं पहले यही बताना चाहूँगा आपको कि गायत्री की क्या शिक्षाएँ और प्रेरणाएँ हैं। फिर गायत्री उपासना ...
- मैं क्या कह सकता हूँ आपसे, गायत्री की कितनी शिक्षाएँ हैं?...? आज में पहले यही बताना चाहूँगा आपको कि गायत्री की शिक्षाएँ और प्रेरणाएँ क्या हैं? फिर गायत्री उपासना ...
- मैं क्या कह सकता हूँ?...? आदर्श तो आपके लिए एक बहाना है, एक मनोरंजन है। आदर्श तो आपके लिए मखौल है। लोग आदर्श के बारे में अक्...
- मैं क्या कह सकता हूँ?...? मुझे बड़ा क्लेश-होता है। हमारे यहाँ गायत्री तपोभूमि में एक स्वामी जी थे। नाम तो उनका मैं नहीं लेना ...
- मैं क्या कहता हूँ?...? मैं हृदय वालों की बात कहता हैं, कलेजे वालों की बात कहता हैं, सहृदय लोगों की बात कहता हूँ। क्रौंच पक्...
- मैं क्या कहता हूँ?...? यह कहता हूँ कि अपने सामान्य जीवन के सारे क्रिया-कलाप, चाहे वे बहिरंग जीवन के हों या अन्तरंग जीवन के, ...
- मैं क्या कहने वाला था?...? ऋषियों की उसी वाणी को दुबारा दोहराने वाला था, जिसमें यह कहा गया था कि आत्मा वा रे ज्ञातव्य ध्यातव्य ...
- मैं क्या कहने वाला था?...? ऋषियों की उसी वाणी को दोबारा दोहराने वाला था, जिसमें यह कहा गया था कि आत्मा वा रे ज्ञातव्य ध्यातव्य...
- मैं क्या कहूँ आपसे?...? मेरे मुँह से गालियाँ निकलती हैं। इसलिए क्या करना चाहिए? यह भक्ति, जिसका अर्थ है-परावलम्बन। यह मनुष...
- मैं क्या कहूँ?...? आपने तो सारी की-सारी क्षमताएँ, शक्तियाँ सब निचोड़ करके फेंक दिया। नीचे वाला नल खोल देता है और ऊपर वा...
- मैं क्या पिशाचिनी हूँ?...? आप बताइये? मैंने कहा कि आप तो देवी हैं, आपकी शकल देवी जैसी है।...
- मैं क्या बताऊँ आपको कौन थे?...? विवेकानन्द किसने बना दिया? काली ने बना दिया। क्यों साहब! काली थी क्या? काली पत्थर थी। पत्थर नहीं थी।...
- मैं क्या बताऊँ?...? ’’ हमने कहा-‘‘हमारी दृष्टि बहुत स्थूल है। आपकी दृष्टि सूक्ष्म है। आप उनके बारे में हमें समझाएँ।’’ तो...
- मैं क्या बात कह रहा हूँ?...? वातावरण को अनुकूल बनाने के लिए जो काम हम करने वाले हैं, उसके लिए हम और आप प्रयत्न तो करेंगे ही, परिश...
- मैं क्या सुनाऊँगा आपको?...? इसी तरीके से आम्रपाली का नाम सुना है न आपने? आम्रपाली एक वेश्या थी। वेश्या को तो सब हिकारत की निगाह ...
- मैं क्या सेवा करूँ?...? ’’ तो गुरुजी ने कहा, ‘‘तुम, लंगर की व्यवस्था सँभाल लो।’’ तब वे बोले, ‘‘गुरुजी! तब तो मैं यज्ञ नहीं क...
- मैं क्या हूँ?...? तब उसे वास्तविक ज्ञान हो जाता है और सब पदार्थों का रूप ठीक से देखकर उसका उचित उपयोग कर सकता है। चाहे...
- मैं क्या-क्या बताऊँ कि तप करने से क्या-क्या मिलता है?...? सारे-का इतिहास तप के माहात्म्य से भरा पड़ा है। शुरू से आखिर तक तप-ही भरा पड़ा है।
मित्रो! तप से ...
- मैं क्यों अपनी सेवा का मूल्य लूँ?...? मैं जंगल में से कंद, मूल, फल बीन सकती हूँ और अपना पेट भर सकती हूँ, फिर आपके सामने क्यों हाथ पसारूँ...
- मैं क्यों इससे इनकार करूँगा?...? लेकिन जो लाभ-माहात्म्य बताया गया है, उसे यदि ग्रहण करना हो, वास्तव में अनुभव करना हो जैसा कि मैंने क...
- मैं क्यों उन्हें स्वावलम्बी बनाऊँगा?...? गाँधी जी ने कहा था कि अगर आपको कुछ देना है, तो महँगी खादी खरीदिए; ताकि श्रमिक आपसे फायदा तो उठा ले, ...
- मैं क्यों करूँगा?...? मैं तो अँगूठा दिखा दूँगा भगवान को।
ढूँढ़ना है इस जमाने में ‘‘आदमी’’ को
मित्रो! आज...
- मैं क्यों चालाकी की बात बताऊँ?...? मैंने तो आपको पहले ही बता दिया। आप चलना शुरू कर दें। कोई बच्चे थोड़े ही हैं, जो मैं आपको बहकाता फिरू...
- मैं क्यों बाजी मारने में इतनी पीछे रह जाऊँ?...? मैं भी उस बाजी को जल्दी मारूँ।
अभी ऐसा नहीं है, उन्होंने कहा—फिर अपने कुछ बालकों को बुलाकर के उन्...
- मैं खर्च कर लूँगा इसमें क्या लगता है?...? चार आने का एक बण्डल आता है धूपबत्ती का, धूपबत्ती को जला दूँगा। चार आने महीने का खर्च है और चार आने त...
- मैं गया मेरा दुकानदार आया और उसने कहा—मैं तुझे बढ़िया चीज देना चाहता हूँ और तेरे व्यक्तित्व को महान बनाना चाहता हूँ, लेकिन इसके लिए कीमत खर्च करने की हिम्मत तुझमें है क्या?...? मैंने कहा—हाँ मुझमें हिम्मत है। उसने कहा—हिम्मत वाले आदमी इस रास्ते पर चला करते हैं। ये बहादुरों का ...
- मैं घर वालों का कहना मानूँ या न मानूँ?...? मेरे घर वाले हैं तो बड़े-बूढ़े, हैं तो बुजुर्ग, पर बहुत तंग करते हैं। इनका कहना मानना चाहिए या नहीं ...
- मैं घर वालों का कहना मानूँ या न मानूँ?...? मेरे घर वाले हैं तो बड़े-बूढ़े, हैं तो बुजुर्ग, पर बहुत तंग करते हैं। इनका कहना मानना चाहिए या नहीं मा...
- मैं चपरासीगीरी कैसे कर सकता हूँ?...? मैं तो पीसीएस होऊँगा। ख्वाब देख रहा है बेवकूफ। भविष्य क्या तेरे हाथ में है? बेटे, भविष्य के बारे में...
- मैं चाहता था कि आप यहाँ से जायँ, तो क्रिया-कृत्य तलाश करने के बजाय, बार-बार क्रिया-कृत्यों के बारे में पूछ-ताछ करने के बजाय ये बातें पूछें कि अध्यात्मवादी होने के नाते आपको अपने जीवन में क्या हेर-फेर करने पड़ेंगे?...? मैं चाहता हूँ कि यहाँ से जाते ही आपके जीवन में कुछ हेर-फेर करने की शुरुआत दिखाई पड़े। आपके भीतर कुछ...
- मैं चाहता था कि पन्द्रह रुपये की मूर्ति पच्चीस रुपये में क्यों नहीं बिके?...? लेकिन अब पन्द्रह से चौदह में बिकेगी, तेरह में बिकेगी, बारह में बिकेगी। तूने समझा कि अब इस काम में ...
- मैं चाहता हूँ कि चलते-चलते आपको अपने भेद और रहस्य बताता जाऊँ कि गायत्री मंत्र कितना सामर्थ्यवान है?...? यह इतना कीमती है कि मात्र माला घुमाने की कीमत पर इसके लाभ नहीं प्राप्त किए जा सकते। इसके लिए कुछ ज्य...
- मैं चाहूँ तो दुनिया का क्या-क्या कर सकता हूँ?...? मेरे पास ज्ञान की अगाध शक्तियाँ हैं। बस उन्होंने अपने भगवान से पूछा—मुझे क्या करना चाहिए? आपका कहना ...
- मैं चित्त नहीं हूँ, फिर मुझे शोक-मोह कैसे?...? मैं कर्ता नहीं हूँ, फिर मेरा बन्ध-मोक्ष कैसे?जब वह समझ जाता है कि मैं क्या हूँ? तब उसे वास्तविक ज्ञा...
- मैं चौंक पड़ा और मैंने उनके चरणों को पकड़कर कहा—बताइए, मुझे क्या करना चाहिए?...? उन्होंने कहा—एक ही काम करना चाहिए और वह यह है कि जिन्दगी की कीमत समझनी चाहिए। जिन्दगी का ठीक इस्तेमाल ...
- मैं जंगल में से कंद, मूल, फल बीन सकती हूँ और अपना पेट भर सकती हूँ, फिर आपके सामने क्यों हाथ पसारूँ और क्यों सेवा की कीमत माँगूँ?...? बस वह अपनी कुटिया में चली गयी और रोज झाड़ू लगाती रही। भगवान राम वनवास में सीता जी को तलाश करते हु...
- मैं जब गुजरात गयी तो क्या देखा—यज्ञशाला में गायत्री माता आयी हुई हैं, कैसे आयीं गायत्री माता?...? जो कोई स्त्री और पुरुष आता, उसकी पीठ को लाल कर दिया जाता। बेटे, ये जाहिलों का अध्यात्म है। ये इनसानि...
- मैं जरा नौकरी माँगने आया, तो क्या माँगता है?...? माँ मैं भक्ति माँगता हूँ, शक्ति माँगता हूँ, ज्ञान माँगता हूँ, तो काली जी ने हँसकर कहा—अच्छा, अच्छा, ...
- मैं जानता हूँ कि आपके पास अकल बहुत ज्यादा है, परन्तु क्या आप हिम्मत कर सकते हैं?...? हम तो चाहते हैं कि आपकी अकल कम हो जाए, आपकी महत्त्वाकाँक्षाएँ कम हो जाएँ तथा आपकी भावना एवं अन्तरात...
- मैं जानता हूँ कि आपके पास अकल बहुत ज्यादा है, परन्तु क्या आप हिम्मत कर सकते हैं?...? हम तो चाहते हैं कि आपकी अकल कम हो जाए, आपकी महत्त्वाकाँक्षाएँ कम हो जाएँ तथा आपकी भावना एवं अन्तर...
- मैं जानता हैं कि आप एक कटोरी पानी, एक गिलास पानी, एक लोटा पानी पी सकते हैं, पर एक कटोरी पानी गरम करने के बाद में पानी की क्या हालत होती है, आप जानते हैं?...? वह किसी को जला भी सकता है। स्टोव फट जाए तब, प्रेशरकुकर फट जाए तब क्या हो सकता है? लखनऊ में एक मिनिस्...
- मैं ज्यादा तो नहीं बताऊँगी क्योंकि अपने जीवन की पर्तें खोलनी जरूरी हैं क्या?...? कोई जरूरी नहीं है, लेकिन प्रेरणा के रूप में यदि आप ग्रहण करना चाहें तो आप कर भी सकते हैं कि गुरुजी अ...
- मैं झूठ कहता हूँ?...? ’
बालक ने अपने सिर को लटका दिया। बोला-‘नहीं, नहीं, मैं कदापि ऐसा नहीं करूँगा।’ इतना कहकर वह तेजी से ...
- मैं झूठ बोल रहा हूँ क्या?...? मैं, गुरुजी के साथ था। मैं तो यह सोच रहा था कि आप कैसे हैं, जो गुरुजी को अकेले भेजकर खुद घर पर रह गय...
- मैं तपश्चर्या करना चाहता था, पर करता कैसे?...? समर्पित को स्वेच्छा आचरण की सुविधा कहाँ? जो मैं चाहता था, वह गुरुदेव के मुख से आदेश रूप में कहे जाने...
- मैं तो अध्यात्म की दृष्टि से विचार करता हूँ कि किस आदमी ने कैसे खर्च किया?...? जो कमाया वह खर्च कहाँ हुआ? मुझे खर्च का ब्यौरा दीजिए। बस! अगर आप खर्च अपव्यय में करते हैं गलत कामों ...
- मैं तो आपका सेवक हूँ, मैं क्यों बैठूँगा?...? दोनों में खूब बहस हुई। फिर जीता कौन? धर्म जीता और योग जीता और हारा कौन? 'मैं' हार गया, 'अहं' हार गया...
- मैं तो आपकी पत्नी हूँ, तो आप ऐसा क्यों कहते हैं?...? नहीं, अपनी सेवा आप करनी चाहिए। अपने अन्दर इतना भरोसा है।
हम करें समर्पण
बेटे! उन्होंने मुझे अपने...
- मैं तो एक बूढ़ा आदमी हूँ, जो न जाने कब किनारे लग जाए?...? पर मैं आपको एक छोटा-सा फार्मूला बताकर जा रहा हूँ। इसे आपको याद रखना चाहिए कि विश्व की हर समस्या का स...
- मैं तो छोटे से गाँव का एक अकेला छोकरा, इतने बड़े काम को कैसे कर सकता हूँ?...? समर्थ गुरु रामदास ने कहा, "मैंने पहले से ही उसकी व्यवस्था सात सौ गाँवों में महावीर मन्दिर के रूप में ...
- मैं तो डर गया कि क्या बात है?...? भूत-प्रेत है क्या कोई? काँपते देखकर उस प्रकाश में बैठे हुए मनुष्य ने आवाज दी—बच्चे डरने की जरूरत नही...
- मैं तो पानी भी नहीं पी सकूँगा, कैसे काम चलेगा?...? किसकी शरण में आप हमें भेजते हैं? उन्होंने कहा कि हमारी जीभ लेकर के चले जाओ। उन्होंने अपनी जीभ काटक...
- मैं तो भगवान् हूँ, तू जानती है क्या?...? कुंती ने कहा-मैं जानती हूँ कि आप भगवान् हैं। मैं आपसे एक ही वरदान माँगती हूँ कि मुझे कष्टसाध्य जीव...
- मैं तो यह कह रहा था कि बरगद का बीज कब नकारा होता है?...? जब आपके पास जमीन नहीं है, तब और जब सिंचाई नहीं है, खाद का इन्तजाम नहीं है, तब। बिना जमीन की सहायता...
- मैं तो यह सोच रहा था कि आप कैसे हैं, जो गुरुजी को अकेले भेजकर खुद घर पर रह गये?...? ’’
हम दोनों का वार्तालाप गुरुजी अन्दर लेटे-लेटे सुन रहे थे। उन्होंने हमें बुलाया और कहा, ‘‘क्या लड़क...
- मैं तो लोगों को कहने का मौका केवल इसलिए दिया करता हूँ कि उनका मन हलका हो जाए, बस और कोई मकसद नहीं है तो क्या आपको मालूम होता है कहने वालों का मन्तव्य?...? हाँ, पूरे तरीके से मालूम होता है कि आप क्या कहना चाहते हैं और जो आप कहना चाहते हैं, उसके हिसाब से हम...
- मैं तो वृक्ष की तरह से बड़ा हो जाऊँगा?...? हाँ बेटे, जरूर हो जाएगा, लेकिन गलना तो पड़ेगा। नहीं, मैं गलना तो नहीं चाहता। जो कुछ भी हो, मैं तो मा...
- मैं तो वृक्ष की तरह से बड़ा हो जाऊँगा?...? हाँ बेटे, जरूर हो जाएगा, लेकिन गलना तो पड़ेगा। नहीं, मैं गलना तो नहीं चाहता। जो कुछ भी हो, मैं तो मा...
- मैं तो सिर्फ यह पूछना चाहता हूँ कि आपने खरच कहाँ किया?...? पैसे के सम्बन्ध में खरच सोच समझकर करना। यह तप है। ईश्वरचंद्र विद्यासागर को 500 रुपया महीना मिलता था। उ...
- मैं दस साल से उपासना कर रहा हूँ, परन्तु गायत्री माता ऐसी निष्ठुर क्यों हो गईं कि एक दिन भी स्वप्न में भी नहीं आयीं?...? बेटे! गुरुजी की तो उपासना में सारी उम्र लग गई और तू दस साल की बात करता है। क्या गायत्री माता की उपास...
- मैं दूध देती हूँ क्या?...? मैं शाकाहारी हूँ या माँसाहारी? इत्यादि।
सामान्यतः १५ से २० प्रश्नों में उत्तर मिल जाना चाहिए। उत्तर...
- मैं दूसरे के यहाँ भोजन नहीं करता?...? आप राजा हैं तो क्या? मैं यह मानता हूँ कि आप युधिष्ठिर हैं; लेकिन है तो यह पराया धन ही न? मेरी कमाई क...
- मैं देखता हूँ कि वह मैग्नेट और वह कशिश लोगों के भीतर है कि नहीं?...? प्रभाव डालने की क्षमता है कि नहीं? और लोगों को हिला देने वाली और लोगों का पैसा जेब में से निकाल दे...
- मैं नरक का कीड़ा क्या नरक में रह जाऊँगा?...? तो नारद ने कहा—अब नहीं रहेगा, अब अपने मन की मलीनता को निकाल दिया तूने, अब धुल गया। तू धुल गया, आत्मा...
- मैं नहीं जानता कि आप कैसे बद्रीनारायण का दर्शन करके आए हैं?...? आपने अपनी जबान पर काबू रखना सीखा नहीं, दूसरों का जी दुखाते रहे। दूसरों से कटुवचन बोलते रहे। दूसरों क...
- मैं नहीं जानता कि आप क्या हैं?...? ऐसी स्थिति में यही कहा जा सकता है कि न आप हिन्दू हैं, न आप मुसलमान हैं, न आप पशु हैं, न आप पक्षी हैं...
- मैं नाक रगड़ूँ, क्यों रगड़ूँ भगवान् के सामने नाक?...? मैं गिड़गिड़ाऊँ, क्यों गिड़गिड़ाऊँ भगवान् के सामने? मैं किसी के सामने नहीं गिड़गिड़ा सकता। मैं गिड़गिड़ाऊँगा...
- मैं पिता की गद्दी पर कैसे बैठ सकता हूँ?...? भरत राम के पाँव की खड़ाऊँ ले आये। खड़ाऊँ को गद्दी पर रख दिया। बस, चौदह वर्ष तक उसी तरीके से, उसी व...
- मैं पिसनहारी का उदाहरण देने के बाद दूसरी बात बताऊँगी कि उसने ऐसा क्यों किया?...? गाँव वालों ने दिया उसने पीसा आटा, जो पैसे बचे उसमें से मथुरा में परिक्रमा करते समय एक कुँआ पड़ता है,...
- मैं पूछता हूँ कि तेरे पास धर्म, संस्कृति कहाँ है?...? तू कभी इसके बारे में सोचता है क्या? अरे तूने इतने सारे बच्चे पैदा कर लिए? इसे नासमझी के अतिरिक्त औ...
- मैं पूछता हूँ कि आप किस तरह से विचार करते हैं?...? आपके चिन्तन का तरीका क्या है? आपने सोचने का ढंग क्या बना रखा है? आपके विचार करने की शैली क्या है, बता...
- मैं पूछता हूँ कि क्या वहाँ ऐसी कोई माँ है, जो उसे छाती से लगाकर प्यार दे सके?...? आपने देहरादून के विद्यालय में इन लावारिस बच्चों को, इन अनाथ बच्चों को क्यों भरती करा दिया? आपने उसे ...
- मैं पूछता हूँ तू क्या करता है?...? मिशन-नया युग-नया मानव का भविष्य मित्रो! जब एक आदमी लड़ने के लिए खड़ा हो जाए, तो क्या कर सकता है, यह बा...
- मैं पूछता हूँ तू क्या करता है?...? मिशन-नया युग-मानव का भविष्य मित्रो! जब एक आदमी लड़ने के लिए खड़ा हो जाए, तो क्या कर सकता है, यह बात मै...
- मैं पूछती हूँ क्यों नहीं होता?...? पहले आप यह बताइए सारी जिन्दगी हो जाती है माला घुमाते-घुमाते लेकिन जैसे थे वैसे ही जैसे-तैसे ही बने र...
- मैं पूछती हूँ, क्यों नहीं होता?...? पहले आप यह बताइए सारी जिन्दगी हो जाती है माला घुमाते-घुमाते; लेकिन जैसे थे, वैसे ही जैसे-के-तैसे ही ...
- मैं पेड़ पर रहता हूँ या भूमि पर?...? जंगल में रहता हूँ या गाँव में? मुझे सींग हैं या नहीं? मैं दूध देती हूँ क्या? मैं शाकाहारी हूँ या माँ...
- मैं पैसे की निंदा कर रहा हूँ?...? नहीं, मैं निंदा नहीं कर रहा हूँ। मैं तो यह कहता हूँ कि जो बाहर वाली चीजें हैं जिनके बारे में हम और आ...
- मैं प्राण नहीं हूँ, फिर भूख-प्यास मुझे कैसी?...? मैं चित्त नहीं हूँ, फिर मुझे शोक-मोह कैसे? मैं कर्ता नहीं हूँ, फिर मेरा बन्ध-मोक्ष कैसे?जब वह समझ जा...
- मैं फिजिक्स की क्या बताऊँ?...? यह फिजिक्स वहाँ काम करती है और यहाँ एटम काम करता है। अगर आप यहाँ से पृथ्वी के एटमों को काटते हुए चले...
- मैं बुखार देख रहा था कि कितना टेम्प्रेचर आ गया?...? 99.5 सेण्टीग्रेट आ गया। तो क्या आप बता सकते हैं कि कितना मीटर है भगवान? इसके लिए आप क्या करेंगे?
...
- मैं भी आपको दिखा पाता कि आप कौन हैं?...? आप एक सामान्य आदमी नहीं हैं, वरन् असामान्य आदमी हैं। मैं चाहता था कि इस युगपरिवर्तन की संधिवेला मे...
- मैं भी आपको दिखा पाता कि आप कौन हैं?...? आप एक सामान्य आदमी नहीं हैं, वरन असामान्य आदमी हैं। मैं चाहता था कि इस युग-परिवर्तन की संधिवेला में ...
- मैं भूखा मरा?...? नहीं, मैं कभी भूखा नहीं मरा। मुझे दोनों वक्त रोटी मिली। क्या मैं नंगा रह गया? नहीं, मैं किसी दिन...
- मैं यह एक व्यक्ति की बात कह रहा हूँ कि एक अकेले आदमी ने क्या-क्या कर डाला?...? एक आदमी की सक्रियता का परिणाम ये हुआ कि उसने सारे सुल्तानपुर को जगा दिया था। तीन-चार दिन यह चमत्कार ...
- मैं यह कह रहा था कि तप की शक्ति कहाँ से आती है?...? आप यह विचार कीजिए। आप अक्षर-अक्षर चिल्लाते हैं, मंत्र-मंत्र चिल्लाते हैं और कहते हैं कि यह मंत्र जपे...
- मैं यह कहना चाहूँगा, कहना चाहता हूँ कि जो भी कर्मकाण्ड हैं, जो आपने सीखे हैं, जो हमने सिखाए हैं, अभी और सिखाएँगे—कर्मकाण्डों का लाभ कब मिलेगा?...? इससे कम में नहीं मिलेगा, जब तक उसमें प्राण समन्वित नहीं करेंगे, श्रद्धा का समन्वय न करेंगे, तो बेटे ...
- मैं यह किसकी प्रशंसा कर रहा हूँ?...? बाबा साहब की। नहीं, बाबा साहब की नहीं कर रहा हूँ। तो आप किसकी प्रशंसा कर रहे हैं? जिन लोगों ने पैसा ...
- मैं यह क्या कह रहा हूँ?...? ये अध्यात्म की बातें कह रहा हूँ देव-परम्पराओं की बातें कह रहा हूँ और ये बात कह रहा हूँ कि अगर दुनिया ...
- मैं यह क्यों कहूँ?...? मेरे तो आप बच्चे हैं। आप हमारे कुटुम्बी हैं, तो आपकी बेइज्जती करने का हमारा मन नहीं है। हमारा मन तो ...
- मैं यह चाहता हूँ कि आपको इतने साल उपासना करते हो गये, आपने लाभ क्यों नहीं प्राप्त किया?...? लोग कहते हैं कि मरने के बाद स्वर्ग मिलता है, मुक्ति मिलती है—यह हम नहीं जानते हैं। आपको इस जन्म में ...
- मैं यह तो नहीं कहता कि यह क्रम चलता नहीं है, पर क्या अनुग्रह मिलते भी हैं?...? हाँ, अनुग्रह भी मिलते रहते हैं। अनेक आदमी जीवित हैं, अपंग भी इसी पर जीवित हैं, अन्धे भी इसी पर जीवित ...
- मैं यह तो नहीं कहता कि यह क्रम चलता नहीं है, पर क्या अनुग्रह मिलते भी हैं?...? हाँ, अनुग्रह भी मिलते रहते हैं। अनेक आदमी जीवित है, अपंग भी इसी पर जीवित हैं, अन्धे भी इसी पर जीवित ह...
- मैं यह पूछता हूँ कि आपको क्या हुआ?...? मित्रो! परिवार एक शालीनता की निशानी है। सफलता की निशानी है। सज्जनता की निशानी और दूरदर्शिता की निशान...
- मैं यह पूछता हूँ कि क्या इसे दाम्पत्य जीवन कहते हैं?...? क्या इसे स्नेह कहते हैं? क्या इसे सहकारिता कहते हैं? अरे मक्कारो! यह तो मालिक तथा जानवरों का व्यवहार...
- मैं यह मानता हूँ कि आप युधिष्ठिर हैं; लेकिन है तो यह पराया धन ही न?...? मेरी कमाई का उपार्जित धन तो नहीं है। उपार्जित धन नहीं है, तो मैं किस प्रकार इसको खा सकता हूँ? इसलिए ...
- मैं ये कह रहा हूँ क्या?...? कि आपकी महत्त्वकांक्षा नहीं बढ़नी चाहिए?
आपकी महत्त्वकांक्षा जरूर बढ़नी चाहिए। पर आप अहंकार के नाम...
- मैं यों रोता हूँ कि मेरी मम्मी तो सुअरिया बन गई, अब मेरा लालन-पालन कैसे होगा?...? मुझे खाना कौन खिलाएगा? मुझे प्यार कौन देगा? मुझे सँभालेगा कौन? उन्होंने कहा—एक वरदान तू भी माँग ले। ...
- मैं रोज यज्ञ करूँ?...? हाँ, रोज नियमित रूप से कर। कैसे करूँ?
छोटा-सा यज्ञीय प्रयोग
बेटे, यह काम तो महिलाएँ ...
- मैं रोज यज्ञ करूँ?...? हाँ रोज नियमित रूप से कर। कैसे करूँ? छोटा सा यज्ञीय प्रयोग बेटे, यह काम तो महिलाएँ भी रोज कर सकती है...
- मैं वह आदमी हूँ कि किसी की सेवा करने के लिए खड़ा हो जाऊँ और अपने मन से आशीर्वाद देने लगूँ, तो न जाने क्या-से-क्या हो जाय?...? घटना सुनाऊँ? नहीं, मैं नहीं सुनाता हूँ, पर एकाध घटना आपकी जानकारी के लिए बता ही देता हूँ। दो वर्ष पह...
- मैं वही लड़की हूँ, तो फिर तेरा बच्चा कहाँ है?...? उसने बच्चे को उनके चरणों में रखा और बोली—यही मेरा बच्चा है। तीन साल का बच्चा था। बहुत अच्छा, ...
- मैं विश्वास करता हूँ कि किसी भी शक्ति के अवतार के लिए इससे बड़ा सबूत और क्या हो सकता है?...? व्यक्ति के भीतर, परिवार के भीतर और समाज के भीतर हम प्रज्ञावतार का विस्तार करने जा रहे हैं।
...
- मैं वीर बन सकता हूँ?...? ’’ सम्राट् के स्वरों में पश्चात्ताप का पुट था।‘‘हाँ क्यों नहीं?’’ आचार्य की वाणी में मृदुलता थी। ‘‘प...
- मैं व्याख्यान करने वाला है क्या?...? नहीं। अब व्याख्यान पर से मेरी श्रद्धा कम हो गई है। अब मैं व्याख्यानों पर यकीन नहीं करता। क्यों? क्यो...
- मैं शाकाहारी हूँ या माँसाहारी?...? इत्यादि।
सामान्यतः १५ से २० प्रश्नों में उत्तर मिल जाना चाहिए। उत्तर न बता पाने पर उसे छोटा सा दण्ड...
- मैं श्रीकृष्ण भगवान का जप करूँगा?...? कर ले बेटे, तेरी मर्जी है, कर ले। तू समझता है कि श्रीकृष्ण भगवान से सुख मिलेगा? बेटे, तू भगवान श्र...
- मैं सजा भुगतूँगा तो आप मेरे साथ सजा भुगतेंगे क्या?...? घर वालों ने कहा कि हम नहीं भुगतेंगे आपके साथ, आप ही जाइए। हमको तो चाहिए आपसे पैसा। जो आपका फर्ज और क...
- मैं समझता था कि तू शक्ति के प्रत्येक वाक्य की व्याख्या करेगा, पर तू क्या व्याख्या करेगा?...? तू तो शरीराध्यास में डूबा हुआ है, इसलिए शरीर के अलावा तेरी कुण्डलिनी कहीं नहीं जा सकती।
चाहिए...
- मैं समझता हूँ कि इन दोनों कार्यक्रमों के बारे में कितना विस्तार हुआ है?...? इसका वर्णन करने की यहाँ आवश्यकता नहीं है। वह लोगों को दूसरी जगह से पढ़ना चाहिए और दूसरे तरीकों से माल...
- मैं सारी जिन्दगी भर उसे काम में लाता रहा और काम में लाने का परिणाम यह है कि मैं एक छोटा सा इनसान, नगण्य सा इनसान लोगों की निगाह में क्या हो गया?...? मैं बताना नहीं चाहता। मरने के बाद, मेरे चले जाने के बाद विचार कीजिए कि वह आदमी जिसका कि हम व्याख्यान...
- मैं सोचती थी कि पत्ती-पत्ती में भगवान कैसे हो सकते हैं?...? इसकी स्पष्ट अनुभूति मुझे उस समय हुई जब हम गुरुदेव को लखनऊ छोड़ कर वापिस लौटे।
परम पूज्य गुरुदेव को व...
- मैं सोचती थी जाने कैसा लगता होगा?...? बस में से जब मुझे गहरी खाई दिखाई दी तो मुझे बहुत डर लगने लगा। साँस फूलने लगी, घबराहट होने लगी। इतने ...
- मैं स्वीकृति सूचक संकेत के अतिरिक्त और कहता ही क्या?...? वे अन्तर्ध्यान हो गए।भावी रूपरेखा का स्पष्टीकरण नन्दन वन के प्रवास का अगला दिन और भी विस्मयकारी था। ...
- मैं हार गया तो?...? अरे हार कैसे जाएगा। जब हम तेरे साथ हैं, फिर हारने की तो कोई बात नहीं है। जीतने की बात है, तो क्या को...
- मैं ही इतना पैसा क्यों लगाऊँ?...? ’’ फिर उनके छोटे-छोटे काम जो सहज होते जाते थे, कभी पता ही नहीं चलता था, अटकने लगे। वे घबराये। फिर एक...
- मैं-मैं कौन चिल्लाता है?...? मेरापन, स्वार्थ। मैं-मैं के साथ में सारी वासनाएँ जुड़ी हुई हैं, तृष्णाएँ जुड़ी हुई हैं, अनीति जुड़ी ...
- मैंने कहा, क्या आएँगे आपके यहाँ, पाँच कुण्डीय यज्ञ ही तो करते हैं?...? नहीं, गुरुजी! अबकी बार बड़ी जोर से करेंगे। कैसे करेंगे? सौ कुण्ड का यज्ञ करेंगे। मित्रो! यज्ञ करने ...
- मैंने अपना थोड़ा बहुत परिचय दिया और फिर उनसे पूछा, ‘‘आप सब कहाँ से आये हैं?...? ’’ उन्होंने बताया ‘‘हम सब लखनऊ के मेडिकल कॉलेज से आये हैं। यह हमारी पूरी डॉक्टरों की टीम है।’’
अब त...
- मैंने अपनी इन्हीं दो चीजों के ऊपर इन्हीं दो खरगोशों के ऊपर तरह-तरह की दवाओं का प्रयोग किया और यह देखा कि इनका परिणाम क्या हो सकता है?...? इसमें से क्या हमें चाहिए और उनका क्या परिणाम निकलता है। यही है मेरी संक्षिप्त कहानी। लोग मुझसे यह पू...
- मैंने अपने गुरुदेव से कहा कि तो फिर आप ही बताइए कि मुझे क्या करना पड़ेगा?...? उन्होंने कहा कि भगवान को अपनी जिन्दगी की तिजारत में हिस्सेदार बना लीजिए। मैंने भगवान को अपनी जिन्दगी क...
- मैंने अपने भक्तों में से किस-किस की मनोकामना पूरी की है?...? एक भी ऐसे आदमी का नाम बता दीजिए कि जिसकी मैंने मनोकामना पूरी की है? मैंने हर एक आदमी की मनोकामना को ...
- मैंने अपने ही-हाथों से कमा कर ५० डालर बैंक में जमा किये हैं स्वामी जी को कहते ही बना कि ऐसे न होते तो तुम लोग इतने समृद्ध कैसे हो जाते?...? (२) तितली हँसकर बोली-मधुमक्खी बहन तुम्हारा जीवन भी व्यर्थ है दिनभर-काम से ही फुरसत नहीं। मेरी ओर तो...
- मैंने आप से कहा था कि हमारे मुँह का जो छेद है, यह क्या है?...? यह हमारी कब्र है। कब्र किसे कहते हैं? कब्र बेटे, गड्ढे को कहते हैं, जिसमें आदमी को दफन किया जाता है।...
- मैंने आपको यह बताया था कि आध्यात्मिकता के मार्ग में आगे बढ़ते हुए आपको क्या करना पड़ेगा?...? इसके लिए दो बातें मैं आपको बता चुका हूँ। सांसारिक जीवन के लिए भी दो बातें बता चुका हूँ कि अगर आपको म...
- मैंने आपको ये दो-तीन उदाहरण किसलिए दिए?...? एक ही बात पर दिए कि श्रद्धा हमारी गुंबज की आवाज की तरह होती है। गुंबज में जब हम आवाज लगाते हैं, तो ल...
- मैंने इनसान के सामने हाथ नहीं पसारा तो तुझसे क्या मागूँगा?...? कहाँ से आएगा? बेटे कहीं से आएगा, जमीन फटेगी, आसमान से आएगा। कौन देगा? वही देगा जिसके बारे में अथर्वव...
- मैंने उनसे निवेदन किया कि आगे आने वाले समय में आपको क्या-क्या करना चाहिए?...? उस बात को तो मैं नहीं बता रही हूँ, पर उनसे मैंने आधा घण्टे कहा कि आपको आगे आने वाले समय में क्या करन...
- मैंने उनसे पूछा कि यह क्या बात है?...? आपके यहाँ तो कोई घूँघट नहीं मारता, फिर यह क्या बात है। उन्होंने कहा कि हमारे यहाँ घूँघट तो नहीं मा...
- मैंने उनसे सहानुभूति जताई और कहा आपके पास क्या-क्या समान है तथा कितनी सम्पत्ति व जायदाद है?...? वह कागज-पेन्सिल लेकर बैठ गये और नोट करने लगे। उन्होंने बताया कि फैक्ट्री व उसमें लगी मशीनों तथा ...
- मैंने उस दिन एक उदाहरण बताया था कि भगवान बुद्ध के समय में एक महिला आई और उस महिला ने यह कहा कि भगवान मैं क्या करूँ?...? मेरा बच्चा गुड़ खाने से बाज नहीं आता।
उन्होंने कहा कि बेटी! अभी तो नहीं एक सप्ताह बाद आना, तब मैं आ...
- मैंने उस दिन भी आपको सिखाया था और बताया था कि आध्यात्मिकता की खुराक क्या होनी चाहिए?...? आप फिर से एक बात ध्यान रखिए। क्यों? क्यों ध्यान रखें? बार-बार आप क्यों ध्यान रखने के लिए कहते हैं? ब...
- मैंने उस रोज कई बच्चों से कहा था, जब टोलियों की गोष्ठी ले रही थी कि देखिए, आपने मक्के का दाना देखा है न?...? हाँ। अच्छा, उसको जब हम मिट्टी में बो देते हैं तो कितने रूप में पैदा होता है? वह सैकड़ों दानों के रूप...
- मैंने उस लड़की से पूछा कि इतने मधुर स्वर में कौन बोल रहा है?...? वह बोली—‘पॉली’ बोल रहा है। ‘पॉली’ कौन है? पॉली हमारा तोता है। कहाँ है? जरा हमको दिखाना? उसने दिखाय...
- मैंने उससे कहा, हाँ बेटे, ऐसा ही है, तुम बताओ, क्या कहना चाहते हो?...? उन्होंने कहा कि देखिए, यह चेहरा आज दिखाई पड़ रहा है, यह गुरुजी का और आपका दिया हुआ कैसे हो सकता है! ...
- मैंने एक माताजी से पूछा—'आप अपने बच्चों को कितनी बार दूध पिलाती हैं?...? ' उन्होंने उत्तर दिया—'इसका हिसाब थोड़े ही है, जब भूख लगी तभी दूध पीता है।'
एक कानूनगो साहेब की इ...
- मैंने कब पूछा आपसे कि आप बनिया हैं कि शूद्र हैं कि राजपूत, कौन हैं आप?...? आप इनसान हैं और भगवान के भक्त हैं और गायत्री के उपासक हैं। इतना परिचय मेरे लिए काफी है।मित्रो! गाय...
- मैंने कब पूछा आपसे कि आप बनिया हैं कि शूद्र हैं कि राजपूत, कौन हैं आप?...? आप इन्सान हैं और भगवान के भक्त हैं और गायत्री के उपासक हैं। इतना परिचय मेरे लिए काफी है।
मित्...
- मैंने कभी यह चिन्ता की ही नहीं कि क्या कह रहे हैं?...? रात है तो रात है, दिन है तो दिन है। कोई सुझाव देना है, सुझाव दिया होगा। कभी दिमाग गरम हो गया होगा, त...
- मैंने कमाया है, तो बाँटकर क्यों खाऊँ?...? नहीं बेटे! अपनी बीबी को बाँट, बच्चे को बाँट, अपनी माँ को बाँट, अपनी बहन को बाँट, अपने भाई को बाँट। य...
- मैंने कहा एक महीने में कितना बचा रहता है?...? पच्चीस हजार। मैंने कहा पच्चीस हजार रुपया एक महीना में बच जाता है, तो साल भर में कितना हो जाएगा? उन...
- मैंने कहा कि अब बताइये क्या कारण था?...? उन्होंने कहा कि कारण तो बहुत छोटा-सा था और बड़ा भी था। मैंने कहा- आखिर हुआ क्या? उन्होंने कहा कि हु...
- मैंने कहा कि क्या बात करना चाहते हो?...? वह बोला कि आप तो मुझे नहीं जानते, लेकिन मैं आपको जानता हूँ। मैंने कहा कि बताइए न, आप क्या जानते हैं,...
- मैंने कहा कि क्यों मकान बना लूँ?...? मित्रो! जब इतने ट्रस्ट बने हुए हैं, धर्मशालाएँ बनी हुई हैं।...
- मैंने कहा कि तीस लाख रुपये की जो तीस हजार रुपये महीने ब्याज आती है, उसमें से पाँच हजार रुपया महीना खर्च का निकाल लिया जाय, तो कितना बच जाया करेगा?...? उन्होंने कहा कि तब तो हमारा पच्चीस हजार रुपया बच जाया करेगा और साल भर में तीन लाख हो जाया करेगा। म...
- मैंने कहा कि बताइए न, आप क्या जानते हैं, तो क्या बात है?...? यह स्त्री आपकी शिष्या है। मैंने कहा—होगी, बहुत सी स्त्रियाँ मेरी शिष्या हैं, दीक्षा लेती हैं और चली ...
- मैंने कहा कि यदि आपको इन्कम टैक्स देना पड़े, पेनाल्टी देनी पड़े, सजा भुगतनी पड़े, तो आपको कितना नुकसान भुगतना पड़ेगा?...? उन्होंने कहा कि दस लाख रुपया, जो हमने तीन चार वर्षों से चुरा रखा था- एक तो वह और लगभग दूनी पेनॉल...
- मैंने कहा कि यह कैसा भजन?...? यह कैसा गंगा स्नान? ये महात्मा इस गंगाजी में रोज स्नान करते हैं, परन्तु इनका क्रोध समाप्त न हो पाया ...
- मैंने कहा कि यह कैसी किताब है?...? रामायण में मैंने पढ़ा कि भाई ने भाई के लिए अपना जीवन कुर्बान कर डाला। उसने कहा कि मैं वनवास में रहूँग...
- मैंने कहा न कि शबरी और मीरा कहाँ तक पढ़ी थीं?...? कबीर कहाँ तक पढ़े थे? रैदास कहाँ तक पढ़े थे? कहीं तक नहीं पढ़े थे, फिर भी उन्होंने भगवान का काम किया...
- मैंने कहा पच्चीस हजार रुपया एक महीना में बच जाता है, तो साल भर में कितना हो जाएगा?...? उनने कहा तीन लाख रुपये। अगर आप इतना रुपया सात-आठ साल तक बचायें, तो कितना रुपया हो जाएगा? उनने कह...
- मैंने कहा पहले क्यों नहीं बुलाया था आपने?...? मुझे चौबीस साल हो गए जब तो मैं जवान ही था। उन्होंने कहा, तब तक तू संशोधित नहीं हो सका था। मैंने देखा...
- मैंने कहा, आप बड़े प्रसन्न और स्वस्थ दिख रहे हैं पर इतने दुबले क्यों हैं?...? वे बोले, ‘‘मेरा यह शरीर तुम लोगों के चरित्र, चिन्तन और व्यवहार से बना है और तुम लोग इस मामले में दुबल...
- मैंने कहा, पहले क्यों नहीं बुलाया था आपने?...? मुझे चौबीस साल हो गए, जब तो मैं जवान ही था। उन्होंने कहा, तब तक तू संशोधित नहीं हो सका था। मैंने देख...
- मैंने कहा, ‘‘आचार्यजी, यह सब मैं कैसे कर पाऊँगी?...? ’’ तो बोले, ‘‘मैं जो तुम्हारे साथ हूँ।’’ जब कभी मथुरा आदि जाना पड़ता तो वे ऊपर से खिड़की में से देखते ...
- मैंने कहा, ‘‘जी गुरुजी,’’ आवाज आई ‘‘तू मुझे देख रहा है?...? मेरी आवाज़ सुन रहा है? तूने वसन्त पर्व पर यज्ञ करने का संकल्प लिया है, वसन्त पर्व पर नहीं, 13-14 जनवरी...
- मैंने कहा- आखिर हुआ क्या?...? उन्होंने कहा कि हुआ यह कि इन्कमटैक्स ऑफीसर ने छापा मारा। हमारे पास दो बही-खाते थे। मुनीम नाराज हो ...
- मैंने कहा-मेरा कमाया हुआ कहाँ से हो सकता है?...? १४-१५ वर्ष का बच्चा कहाँ से धन कमाकर लाएगा। "अच्छा पिताजी का दिया हुआ धन है। इस सारे के सारे धन...
- मैंने कहा—अभी तो यूपी गवर्नमेण्ट के नहीं निपटे हैं, तो अभी आपके कहाँ से कर दें?...? अभी 1000 का तो हमने कह दिया है, जो कि अभी यहाँ से चलेगा। यह दिसम्बर से शुरू होगा। हमने कहा है कि 800...
- मैंने कहा—कहाँ दूँ, किसको दूँ?...? तो उनने कहा—भगवान की खेती में बो दे। अपने पास जो कुछ भी था हमने सब भगवान की खेती में बो दिया और जो क...
- मैंने कहा—कहो क्या बात करना चाहते हो?...? उसने कहा कि आपको तो मालूम नहीं, आप मुझे नहीं जानते। मैं आपको जानता हूँ। मैंने कहा—बताइये न फिर, आप ज...
- मैंने कहा—बताइये न फिर, आप जानते हैं तो?...? मेरी पत्नी आपकी शिष्या है। मैंने कहा—होंगी। बहुत से लोग हैं, आते हैं, हाथ जोड़कर बैठ जाते हैं। कोई प...
- मैंने कहा—बेटे, मैं क्या करूँ?...? अच्छा भगवान से प्रार्थना करूँगा। प्रार्थना का क्या असर हुआ, यह तो भगवान जाने, लेकिन साल भर बाद उनके ...
- मैंने कहा—मेरा कमाया हुआ कहाँ से हो सकता है?...? 14-15 वर्ष का बच्चा कहाँ से धन कमाकर लाएगा। अच्छा पिताजी का दिया हुआ धन है। इस सारे-के धन को भगवान क...
- मैंने कहा—मेरे पास सामर्थ्य कहाँ है?...? उसने कहा—‘‘बेटा! सामर्थ्य तो आत्मा के भीतर रहती है’’। बस मैंने आत्मा की सामर्थ्य को तलाश किया और न ज...
- मैंने कहा—मैंने कब देखा?...? उन्होंने कहा कि बात-बात में मैं इंदिरा गाँधी से और काबरा से यह वायदा करके आया था कि मैं रानी सिंधिया...
- मैंने कहा—रोटी नहीं, तो यह और क्या रखा है?...? उन्होंने कहा—आप समझते तो हैं नहीं। हम कहते हैं कि आप आज रोटी खाएँ। मैंने कहा—रोटी से आपका क्या मतलब ...
- मैंने कहा—रोटी से आपका क्या मतलब है?...? यह रोटी ही रखी है आपके सामने। मिठाई रखी हैं, पूड़ी-कचौड़ी रखी हैं। आपका क्या मतलब है? नहीं केवल रोटी ख...
- मैंने कहा—‘‘मेरा कमाया हुआ कहाँ से हो सकता है?...? चौदह-पन्द्रह वर्ष का बच्चा कहाँ से धन कमा के लायेगा। पिता जी का दिया हुआ धन है’’। इस सारे के सारे धन...
- मैंने किस तरीके से भगवान की भक्ति की?...? मैंने भजन किया कि नहीं, अनुष्ठान किया कि नहीं, जप किया कि नहीं, प्राणायाम किया कि नहीं—ये नहीं मालूम...
- मैंने किसके पीले हाथ कर दिए?...? आप लोगों के पीले हाथ किये हैं। कपड़े मैंने पहना दिये हैं, पीले हाथ कर दिये हैं, अब आपकी जिम्मेदारी ...
- मैंने किससे कहा कि आपको अपने कुटुम्ब वालों के प्रति अपने कर्तव्यों और फर्जों को पूरा नहीं करना चाहिए?...? मैंने किसी से नहीं कहा और न किसी से कहना। जिस दिन से मैंने धार्मिक क्षेत्र में प्रवेश किया है, उस ...
- मैंने क्या-क्या कहा था?...? मैंने यह कहा था कि सारा समय आपका और आपकी बीबी का परिवार पालने, खाना बनाने का, बच्चा पैदा करने का, के...
- मैंने गाइड से पूछा कि इसका क्या कारण है?...? गाइड ने पदार्थ विज्ञान के अनुसार कुछ तर्क देने का प्रयास किया, जो मेरे गले नहीं उतरा। मैंने कहा यह ब...
- मैंने गुरुजी से पूछा कि आपने यह चित्र कैसे उतारा?...? क्या आपके पास कैमरा था? गुरुजी ने कहा, ‘‘नहीं, जिस गुरु पूर्णिमा में मुझे गुरुजी के दर्शन करने थे, स...
- मैंने चुपके से उससे कान में पूछा—क्या है रे ये?...? देना तो मुझे कुछ है नहीं। न दिया है, न हमने लिया है। न हम देंगे, न लेंगे। हमें हीरा-पन्नों से क्या क...
- मैंने जरा हँसकर यह भी कह दिया तो फिर आप ये अन्दाजा लगाते होंगे कि माताजी जैसे हो जाएँगे?...? जीवात्मा मजबूत बनाएँगे
मैंने कहा बेटे! फिर तू शरीर की बात ले आया, अरे शरीर नहीं आत्मा की दृष्टि से...
- मैंने जोर से डाँट लगाई और कहा—दस सालों में तूने यहाँ आ करके शक्ल दिखाई है, पहले यह बता कि अब तक मिशन का क्या कार्य किया?...? तब तुझे दिखाई पड़ते थे और अब दिखाई नहीं पड़ते हैं। तब तूने क्या किया था? दस साल में तूने अब यहाँ आ क...
- मैंने पूंछा आपने पहले देखा था?...? नहीं मैंने गुरुजी को ४ वर्ष बाद देखा था वे वैसे ही थे। इसके बाद ही कोई व्यक्ति कैसा है मुझे आभास होन...
- मैंने पूछा कि आचार्यजी कहाँ हैं?...? एक परिजन ने बताया कि कमरे में हैं। उनके पास दो-तीन महिलाएँ बैठी थीं। उनमें से एक महिला ने पूछा कि गु...
- मैंने पूछा कि कितनी दूर तेरा गाँव है?...? बताया कि छः मील। वह मोटर ले आया। मैंने कहा-बेटे! मेरे लिए मोटर क्यों ले आया? हम तो बैलगाड़ी में चल...
- मैंने पूछा कि क्या आप पतली रोटी खाते हैं?...? आप माताजी के हाथ की रोटी खाइए, मोटे हो जाएँगे। उस रात उसे पूरी नींद आयी। लोगों ने कहा-क्या आप इन...
- मैंने पूछा कि तूने गाड़ी के पैसे दिये कि नहीं?...? नहीं साहब! पैसे थोड़े ही देने हैं। यह तो अपनी मोटर है। अच्छा! तू क्या करता है इस मोटर का? गुरुजी! ह...
- मैंने पूछा बाद में क्या मिलेगा?...? बोले—हमारा तो बोनस, प्रोविडेंट फंड मिला करके 80,000 रुपया मिल जाएगा और पेंशन? पेंशन भी चार-पाँच सौ र...
- मैंने पूछा भी कि अब कार्यक्रम का क्या होगा?...? तब वे हँसकर टाल गये थे और बोले, ‘‘कार्यक्रम की व्यवस्था भी हो जायेगी।’’
मैंने भटनागर जी से कहा, ‘‘ग...
- मैंने पूछा, ‘‘गुरुजी, आपकी तबियत ठीक है?...? गुरुजी ने कहा, ‘‘हाँ।’’ मैंने कहा, ‘‘गुरुजी, मैं डॉक्टर हूँ, आपकी आँखें लाल हैं।’’ गुरुजी बोले, ‘‘हा...
- मैंने पूछा, ‘‘बाकी पाँच कहाँ हैं?...? ’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘ये पाँचों विदेश में हैं और अपने-अपने ढंग से काम कर रहे हैं।’’
विशिष्ट चर्चाएक ब...
- मैंने पूछा-अच्छा बताइये, आपके असली और नकली बहीखाते में वास्तव में कितने खर्च का अन्तर है?...? उन्होंने कहा-दस लाख रुपये करीब का अन्तर है। फिर पूछा-अगर आपको इनकम टैक्स देना पड़े, तब कितना नुकसान ...
- मैंने पूछा-भगवान का खेत कहाँ है?...? तो उन्होंने कहा—सारा समाज भगवान का ही विराट् रूप है। किसी ने भी आज तक भगवान को आँख से नहीं देखा है क...
- मैंने पूछा—क्यों भाई, क्या मामला है?...? लक्ष्मी ने अब तक तो तेरा कर्ज चुका दिया होगा? दक्षिणावर्ती शंख ले लो महाराज जी। जरा भी नहीं चुका, वह...
- मैंने पूछा—ज्यादा दिन रहने देंगे या नहीं?...? कहा—जितनी आज्ञा मिलती है, उतने दिन ही रहना है। अब मैं विचार करने लगा कि मेरे घरवाले मुझे यह कहेंगे क...
- मैंने फिर अपने उसी फरिश्ते से दूसरा सवाल किया कि जब आपने मुझे जगा ही दिया है और यह बता दिया है कि जिन्दगी का ठीक उपयोग करना चाहिए तो आप ही बताइए कि मुझे अब क्या करना होगा?...? उन्होंने मुझे दूसरी शिक्षा दी कि दुनिया में एक ही समझदारी है कि अकेला आदमी लम्बी मंजिल नहीं पार कर सक...
- मैंने फिर अपने उसी फरिश्ते से दूसरा सवाल किया कि जब आपने मुझे जगा ही दिया है और यह बता दिया है कि जिन्दगी का ठीक उपयोग करना चाहिए तो आप ही बताइए कि मुझे अब क्या करना होगा?...? उन्होंने मुझे दूसरी शिक्षा दी कि दुनिया में एक ही समझदारी है कि अकेला आदमी लम्बी मंजिल नहीं पर कर सकत...
- मैंने बहुत विचार-मन्थन किया कि हमें अपने बच्चों को इस बात की जानकारी देनी चाहिए कि कर्मकाण्डों के पीछे क्या रहस्य छिपा है?...? कर्मकाण्डों का, क्रिया का, हवन का क्या उद्देश्य है? क्यों इसमें घी डाली जाती है? क्यों लकड़ी डाली जात...
- मैंने बहुत विचार-मन्थन किया कि हमें अपने बच्चों को इस बात की जानकारी देनी चाहिए कि कर्मकाण्डों के पीछे क्या रहस्य छिपा है?...? कर्मकाण्डों का, क्रिया का, हवन का क्या उद्देश्य है? क्यों इसमें घी डाली जाती हैं? क्यों लकड़ी डाली जा...
- मैंने भी कुछ आध्यात्मिक प्रश्र किया था गुरुदेव ने मेरे प्रश्रों को पढ़ा बोले बेटा अभी तुम नये-नये आए हो सारी चीजों को समझ जाओगे पहले तुम अपनी शारीदिक बात बताओ कोई कष्ट है क्या?...? कोई और तुम्हारी अपनी बात है क्या। मैंने कहा पिताजी आप तो सब जानते हैं कोई खास कष्ट नहीं है। बोले नही...
- मैंने भी जो पूर्वजन्म में बालि को मारा था, वह तीर अभी सुरक्षित रखा है और मेरे भी पैर में सेप्टिक होगा और मैं भी मारा जाऊँगा, तो फिर तेरे बेटे को कैसे बचाता?...? "
बेटे! यह बात अलग है कि जिनके प्रारब्ध जन्म ऐसे ही जटिल हैं, जो नहीं हट सकते, लेकिन कैसी भी आपकी...
- मैंने मंत्रविज्ञान पर कितना लिखा है?...? मंत्रशास्त्र के बारे में हमारे बराबर तो किसी ने लिखा भी नहीं होगा। आप हमारा मंत्रविज्ञान पढ़िये। आपने...
- मैंने माताजी के चरण स्पर्श किये और पूछा, ‘‘गुरुजी कैसे लिखते हैं?...? ’’ माताजी बोलीं, ‘‘बहुत तेज लिखते हैं और कलम उठाते ही नहीं।’’ मैंने पूछा, ‘‘क्या वे भी मुझे आप की ही...
- मैंने यह स्वप्र पत्नी को बताया और कहा सम्भवतः आज ही वह पत्र भी आ जाए?...? आते ही मेरे पास माइंस पर भिजवा देना। प्रातः 8:00 बजे पोस्टमैन आया और एक्सप्रेस डिलीवरी पत्र दे गया। ...
- मैंने शास्त्रों से पूछा—‘‘बताइये भाईसाहब, आपको ऋषियों ने लिखा था, गायत्री मंत्र के बारे में क्या कहा अगर आप गायत्री मंत्र के व्याख्याता हैं?...? मैंने चारों वेदों से पूछा—‘‘आप बताइये भाईसाहब, गायत्री मंत्र के आप बेटे हैं तो आपको सारी असलियत अच्छ...
- मैंने समझ लिया कि आपका रास्ता कौन सा है?...? अभी आप किसका नाम ले रहे थे? नाम तो हम रामचंद्र जी का ले रहे थे। मेरी समझ से आपने गलती कर दी। आपको रा...
- मैंने समझ लिया कि आपका रास्ता कौन सा है?...? अभी आप किसका नाम ले रहे थे? नाम तो हम रामचंद्र जी का ले रहे थे। मेरी समझ में आपने गलती कर दी। आपको र...
- मैंने साहित्य की रचना की, सेवा कर ली, पूजा?...? भजन भी कर लिया, लोगों से मिल भी लिया, संगठन खड़ा कर लिया। ये सब कैसे करता हूँ? बेटे! समय बँधा हुआ है।...
- मैंने २४ वर्ष में जो तपश्चर्या की थी और मुझे जो अंश मिला वह बहुत बड़ा मिला, कारण मैंने अपने को पाक-साफ रखा जिन्होंने अपना निखार नहीं किया है, अपना परिष्कार नहीं किया है, उनको इतनी आशा नहीं करनी चाहिए कि उसका अंश मुझको मिल जाएगा, क्योंकि जिसके पास पात्र जितना होगा उतना ही तो उसे मिलेगा, चाहे वर्षा कितना ही जबरदस्त क्यों न हो बादल की घटाएँ कितनी ही बड़ी क्यों न हों पर पात्र से अधिक कैसे मिलेगा?...? इसलिए मैंने जिन लोगों को बुलाया है और जिन्होंने पात्रता का जितना विकास कर लिया है, उतना उनको जरूर मि...
- मैग्नेट है कि नहीं है?...? वहाँ भी मैंने ऐसे हिम्मत वाले काम कर डाले थे। वहाँ भी हजार कुण्डीय यज्ञ हुआ था। लोगों ने मुझसे पूछ...
- मैच्योर किसे कहते हैं?...? जो अपनी जिम्मेदारी को समझता है। आप अपनी जिम्मेदारी समझते है या नहीं? आप अगर जिम्मेदारी समझते हैं तो ...
- मैट्रिक पास वालों को क्या मिलना चाहिए?...? तीन सौ रुपये से पंद्रह सौ रुपये। बेटे! यह तुक्का है। महँगा और सस्ता होने की वजह से किस चीज का भाव कह...
- मैप-नक्शा हमारे पास है नहीं, टाइम टेबिल है नहीं, फिर इसके बिना हम कैसे समझा पाएँगे?...? कष्टकारी गलतफहमियाँ लेकिन अगर आपका दिमाग खराब हो और हम एक नक्शा आपके हवाले कर दें, एक टाइम टेबिल आपक...
- मैप—नक्शा हमारे पास है नहीं, टाइम टेबिल है नहीं, फिर इसके बिना हम कैसे समझा पाएँगे?...? कष्टकारी गलतफहमियाँ
लेकिन अगर आपका दिमाग खराब हो और हम एक नक्शा आपके हवाले कर दें, एक टाइम ...
- मैला कपड़ा मत पहनना, देख, धुला हुआ कपड़ा पहनकर जाना और क्या करूँ?...? ? देख जहाँ जमीन पर पूजा करना हो, वहाँ पर झाड़ू लगा देना। नहीं महाराज जी! मैं क्या झाडू लगाऊँगा, ऐसे ह...
- मैला कमंडल कैसा है?...? जैसा तू है—भीतर से भी मैला और बाहर से भी मैला। पहले इसे धो करके ला, ताकि तुझे कोई वरदान तो दे, आशीर्...
- मैला कमंडल कैसा है?...? जैसा तू है, भीतर से भी मैला और बाहर से भी मैला। पहले इसे धो करके ला, ताकि तुझे कोई वरदान दे, आशीर्वा...
- मैला-गँदला पानी पीने के काम कहाँ आता है?...? मैले दर्पण में छवि कहाँ दीख पड़ती है? जलते अंगारे पर यदि राख की परत जम जाए, तो न उसको गर्मी का आभास ...
- मैले कपड़े को धोया न जाए तो उस पर रंग कैसे चढ़े?...? बिना तपे धातु का शुद्ध स्वरूप कैसे निखरे और उससे उपयोगी औजार कैसे बने? क्रियमाण दुष्कर्म एक ही माँग ...
- मैले दर्पण में छवि कहाँ दीख पड़ती है?...? जलते अंगारे पर यदि राख की परत जम जाए, तो न उसको गर्मी का आभास होता है, न चमक का। बादलों से ढक जाने प...
- मैस्मेरिज्म क्या है?...? एक काला गोला लेते हैं और उसके मध्य सफेद बिंदु पर यह ध्यान करते हैं कि हम इस बिंदु के बीच में धँसते च...
- मैस्मेरिज्म क्या है?...? एक काला गोला लेते है और उसके मध्य सफेद बिंदु पर यह ध्यान करते हैं कि हम इस बिंदु के बीच में धँसते चल...
- मॉडल किसका था?...? ताजमहल का। आप दयालबाग जाइए। आपका आगरा कभी जाना हुआ तो आप दयालबाग जाना। वहाँ स्वामी जी महाराज की समाध...
- मोटर और वह भी किसान की?...? तेरे पास कितनी जमीन है? पचास बीघे जमीन है। कुल पचास बीघे? हाँ महाराज जी! पचास बीघे।बेटे! हमारे यहा...
- मोटरगाड़ी में इतना पैसा क्यों खरच करते हो?...? गरीब आदमी हो। उन्होंने कहा कि हम गरीब थोड़े ही हैं। यह गाड़ी हमारी है। हमारी बच्चियाँ बी०ए०, एम०ए० म...
- मोटे तौर पर अशिक्षा, दरिद्रता एवं अस्वस्थता को प्रमुख कारणों में गिना जाता है और इनके निवारण के लिए कुछ नए नीति निर्धारण का औचित्य भी है, पर देखना यह है कि वस्तुस्थिति समझे बिना और वास्तविक व्यवधानों की तह तक पहुँचे बिना जो प्रबल प्रयत्न किए जा रहे हैं या किए जाने वाले हैं वे कारगर हो भी सकेंगे या नहीं?...? दरिद्रता को ही लें। मनुष्य की शारीरिक, मानसिक समर्थता इतनी अधिक है कि उसके सहारे अपना ही नहीं, परिकर...
- मोटे तौर से इन्हें प्रकृति की देन मान लिया जाता है, पर सूक्ष्म सर्वेक्षण से प्रतीत होता है कि यह भिन्नताएँ मात्र इस कारण विनिर्मित होती हैं कि अमुक स्थानों तक सूर्य का प्रभाव किस स्तर का, किस मात्रा में, किस गति से पहुँचता है?...? वहाँ किन घटकों के साथ किस प्रभाव का मिश्रण होकर क्या प्रतिक्रिया उत्पन्न करता है? रसायन भी सूर्य किर...
- मोतियाबिंद का आपरेशन कितने मिनट लेता है?...? मुश्किल से एक मिनट लेता है। एक मिनट में डॉक्टर सुन्न करके खट झिल्ली काट करके अलग कर देता है। क्यों स...
- मोती यहाँ मिल सकते हैं, मोती वहाँ मिल सकते हैं?...? मछलियाँ तैर रही थीं, सोचा शायद यही मोती का गुच्छा होगा। समुद्र में झाग निकला। वहाँ भी हाथ मारा कि शा...
- मोरार जी देसाई और मुख्यमंत्री कौन?...? कर्पूरी ठाकुर। महाराज जी! उनको तो मंत्र की कोई जानकारी नहीं है? हाँ बेटे, कोई जानकारी नहीं है। फिर आ...
- मोह का दबाव आने पर आप सही साबित होते हैं कि नहीं?...? सिद्धान्तों के प्रति, जिनकी आप हर वक्त दुहाई देते रहते हैं, उनका रक्षण करने के लिए लोभ का दबाव, मोह क...
- मोह के लिए आपकी अकल और भावना विसर्जित हो गई, लोभ के लिए अपके शरीर का श्रम विसर्जित हो गया, फिर रह क्या गया?...? तोड़िये न इन बन्धनों को।
आप यहाँ रह कर के, इस कल्प साधना में अपने आप को बदल दीजिए, और लोभ और मोह स...
- मोह क्या होता है?...? मोह उसे कहते हैं जिसमें कि हमको दो-चार मनुष्यों ने अपना गुलाम बनाकर रखा है। हम खरीदे हुए गुलाम हैं...
- मोहब्बत करना किससे सीखें?...? सिद्धान्तों से सीखें और सिद्धान्तों से मोहब्बत करने के बाद में व्यायामशाला में, अखाड़े में अपने हाथ प...
- मोहब्बत किसे कहते हैं?...? मोहब्बत कहते हैं-देने को। अगर आप किसी को प्यार करते हैं, तो उसे दें। किससे प्यार करते हैं? किसी को...
- मोहल्ले में फलाने का इतना बड़ा ब्याह हुआ था, आपको क्यों नहीं करना चाहिए?...?...
- मौज-मजा करने में क्या आनन्द हो सकता है?...? शरीर की इंद्रियों को आनन्द हो सकता है, पर हमारी अन्तरात्मा को जो आनन्द हो सकता है, वह दुखियारों की, पीड...
- मौत और जिन्दगी को शानदार बनाने के लिए दिन भर हमारा कैसे व्यतीत हो?...? हमारा समय, श्रम और धन किस अच्छे तरीके से व्यतीत हो सकता है, आप ये विचार कर लिया करें। इस तरह प्र...
- मौत और जिन्दगी रात और दिन के तरीके से खेल है, फिर मरने के लिए डरने से क्या फायदा?...? यह नसीहतें हैं जो शंकर भगवान मरघट में रहकर के हमको सिखाते हैं।भगवान शंकर न जाने क्या-क्या सिखाते हैं...
- मौत के कुएँ में मोटरसाइकिल वाले मोटरसाइकिल किस तरीके से घुमाते हैं?...? बिल्कुल उल्टे हो जाते हैं और बीच में चलते रहते हैं और घूमते रहते हैं। उनसे पूछिये क्यों साहब! क्या म...
- मौत को जिन्दगी में बदल सकते हैं क्या?...? ना! आदमी की सीमा है और जिस सीमा से आप बँधे हुए हों, उसी सीमा की बात कीजिए; उसी सीमा का विचार कीजिये,...
- मौत दिखायी नहीं पड़ती आपको?...? जरा देखिए तो सही, मौत कितनी खूबसूरत और शानदार है, जो आपको अपनी गोदी में बिठा करके भाग खड़े होने के लि...
- मौत नहीं माँगूँ तो क्या माँगूँ?...? गुरुजी से जब मैं मिली तो उन्होंने कहा, ‘‘बेटी मैं तेरा पिता हूँ, तू मेरी बेटी है। इसको अच्छी तरह समझ...
- मौत से डरने से क्या फायदा?...? हमें मौत की तैयारी क्यों नहीं करनी चाहिए? शंकर भगवान के मरघट में रहने और अपने शरीर पर भस्म लगाने क...
- मौत हमारा क्या बिगाड़ लेगी?...? बाहर का बैरी बेचारा क्या कर सकता है? वह बड़ा गरीब है, बड़ा कमजोर है। उसके पास कोई ताकत नहीं है, सिवाय ...
- मौन कैसे करते हैं?...? बेटे! हमें एक साल तक मौनी रहना पड़ता है। बातचीत करें तो किससे करें? अकेले ही बात कीजिये। जब मन आता है...
- मौन से क्या फायदा होगा?...? बेटे! आपको मालूम नहीं है कि बोलने में आदमी की कितनी शक्ति खरच होती है? जो शक्ति आपको आध्यात्मिक उन्न...
- मौन से क्या फायदा होगा?...? बेटे! आपको मालूम नहीं है कि बोलने में आदमी की कितनी शक्ति खरच होती है? जो शक्ति आपको आध्यात्मिक उन्न...
- मौन-नितान्त एकाकी पुरुषार्थ क्या कुछ कर सकेगा, अन्त में श्रद्धा का बीजारोपण कर कैसे वांछित प्रयोजन पूरा कर सकेगा?...? इसे विश्व स्तर पर देखा जा सकना अगले दिनों सम्भव होगा। इतिहास भी इस तथ्य का साक्षी है कि जब-जब भी बिग...
- मौसी और मौसा के पास रहती हैं क्या?...? नहीं, फिर वे मौसी-मौसा के पास भी नहीं रहतीं। साले के पास भी नहीं रहतीं। फिर उसे साले-का ले जाता ...
- यकीन रखिये मालिक को इतनी हैरानी, इतनी चिन्ता रहती है, जिसका कि कोई ठिकाना नहीं; लेकिन माली?...? माली को सारे बगीचे में खूब मेहनत करनी पड़ती है; दिन में भी मेहनत करता है, रात में भी मेहनत करता है और...
- यज्ञ और पुरश्चरण क्या फर्क पड़ता है?...? बेटे! अब तक जो हमारे यज्ञ थे, वे प्रशिक्षण और प्रचार, दो उद्देश्यों के लिए होते थे। लोगों को भारतीय ...
- यज्ञ और पुरश्चरण में क्या फरक पड़ता है?...? बेटे! अब तक जो हमारे यज्ञ थे, वे प्रशिक्षण और प्रचार, दो उद्देश्यों के लिए होते थे। लोगों को भारतीय ...
- यज्ञ का क्रिया-कलाप कम से कम क्या हो सकता है?...? बेटे, यज्ञ का कम से कम क्रिया-कलाप इतना सरल है, जिसे स्त्रियाँ कर सकती हैं और गायत्री को तथा यज्ञ को...
- यज्ञ का यह कौन सा पक्ष है?...? ज्ञान पक्ष। ज्ञान पक्ष का विस्तार अगर आप कर पाएँ तो नया व्यक्ति बनाने में, मनुष्य के अन्दर देवत्व जग...
- यज्ञ का यह कौन सा पक्ष है?...? ज्ञान पक्ष। ज्ञान पक्ष का विस्तार अगर आप कर पाएँ तो नया व्यक्ति बनाने में, मनुष्य के अन्दर देवत्व जगा...
- यज्ञ का रूप कैसा घिनौना हो गया था?...? आपको मालूम नहीं है, तब मनुष्यों को मारकर होम दिया जाता था और घोड़ों और गौओं तक को होम दिया जाता था। ...
- यज्ञ का रूप कैसा घिनौना हो गया था?...? आपको मालूम नहीं है, तब मनुष्यों को मारकर होम दिया जाता था। घोड़ों और गौओं तक को होम दिया जाता था। यह...
- यज्ञ का, अग्निहोत्र का विज्ञान पक्ष क्या है?...? बेटे! यज्ञ का विज्ञान पक्ष यह है कि हम इस संसार में गन्दगी फैला रहे हैं। आप इस संसार को मान लीजिए कि ...
- यज्ञ का, अग्निहोत्र का विज्ञान पक्ष क्या है?...? बेटे! यज्ञ का विज्ञान पक्ष यह है कि हम इस संसार में गन्दगी फैला रहे हैं। आप इस संसार को मान लीजिए कि ...
- यज्ञ की क्या विशेषता है?...? अग्निमीले पुरोहितं। अग्नि जो हमारा पुरोहित है, जो हमारा मार्गदर्शक है, वह हमें क्या सिखाता है? बोलता...
- यज्ञ की क्या विशेषता है?...? अग्निमीले पुरोहितं। अग्नि जो हमारा पुरोहित है, जो हमारा मार्गदर्शक है, वह हमें क्या सिखाता है? बोलता...
- यज्ञ की वस्तुएँ कम किये जाने में कोई बुराई है?...? नहीं, कोई बुराई नहीं है। यहाँ याज्ञवल्क्य-जनक का संवाद कुछ ऐसा ही है। जनक ने पूछा कि कोई खराब वस्तु ...
- यज्ञ के सम्पन्न होने पर—वर्षा न होने पर जनता क्या कहेगी आपको?...? आपका उपहास होगा और यज्ञ का अपमान होगा, हमारा अपमान—जिन्होंने स्कीम बनायी है। इसलिए यज्ञों को तो हर ए...
- यज्ञ कौन करती है?...? बेटे, हमारे मुँह में बैठी हुई पार्वती करती है। जीभ का नाम क्या है? उसका नाम है—पार्वती। शंकर को प्रा...
- यज्ञ क्या है?...? यह एक यथार्थ है, सिद्धान्त है, जीवन है, चरित्र है, व्यवहार है। व्यक्ति का चिन्तन, चरित्र और व्यवहार ...
- यज्ञ नहीं है?...? यज्ञ माने होता है —सैक्रीफाइस। यज्ञ होता है—कुर्बानी के लिए, बलिदान के लिए, सेवा के लिए। इंसान कहाँ ...
- यज्ञ साथ में कैसे पैदा हुआ?...? आपकी माँ के पेट में एक बूँद आ गयी कहीं से। माँ अपने शरीर की जवानी का रस, हड्डियाँ, खून, माँस—सब उस छ...
- यज्ञ से उपवीत क्या हुआ?...? यज्ञ से प्राण-प्रतिष्ठा किया हुआ धागा। इसका नाम क्या है? यज्ञोपवीत, हो हमारे कन्धे पर स्थापित है। और ...
- यज्ञ से किस तरीके से मनुष्य के शारीरिक और मानसिक रोगों का निराकरण होना सम्भव है और यज्ञ से किस प्रकार पृथ्वी के वातावरण को ठीक किया जाना सम्भव है?...? ऐसी बहुत भी बातों की महत्ता थी, तब लेकिन लोग उस महत्त्वपूर्ण यज्ञ को भूल गए थे। ऐसे ही हवन कर लेते थ...
- यज्ञ से किस तरीके से मनुष्य के शारीरिक और मानसिक रोगों का निराकरण होना सम्भव है?...? ऐसी बहुत-सी बातों की महत्ता थी तब, लेकिन लोग उस महत्त्वपूर्ण यज्ञ को भूल-भाल गये थे। ऐसे ही हवन कर ल...
- यज्ञाग्नि को क्या कहा गया है?...? क्या नाम दिया गया है? उसका नाम दिया गया है पुरोहित। पुरोहित किसे कहते हैं? पुरोहित उसे कहते हैं, जो ...
- यज्ञाग्नि को क्या कहा गया है?...? क्या नाम दिया गया है? उसका नाम दिया गया है पुरोहित। पुरोहित किसे कहते हैं? पुरोहित उसे कहते हैं, जो ...
- यज्ञोपवीत क्या है?...? गायत्री मंत्र है। गायत्री मंत्र को शरीर रूपी देवालय में स्थापित करते हैं। शरीर के प्रत्येक अंग-अवयव ...
- यज्ञोपवीत क्यों पहनाई जाती है और ये क्या याद दिलाती है?...? जनेऊ पहना तो दिया आपने, जनेऊ पहनाने की दक्षिणा भी दे दी पण्डित जी को और हवन भी करा दिया और ब्रह्मभोज ...
- यज्ञोपवीत क्यों पहनाई जाती है और ये क्या याद दिलाती है?...? जनेऊ पहना तो दिया, आपने जनेऊ पहनाने की दक्षिणा भी दे दी पण्डित जी को और हवन भी करा दिया और ब्रह्मभोज ...
- यज्ञोपवीत संस्कार कराने के बाद यज्ञोपवीतधारी जिन्होंने यज्ञोपवीत लिये हैं, ये सिखाया जाना चाहिए कि यज्ञोपवीत के उद्देश्य क्या हैं और कर्तव्य क्या हैं?...? उद्देश्य—यज्ञोपवीत के दो उद्देश्य हैं—पहला उद्देश्य ये है कि भगवान् का प्रतीक और प्रतिनिधि यज्ञोपवीत...
- यज्ञोपवीत, जो हमारे कन्धे पर स्थापित है और शिखा?...? ये गायत्री मंत्र की व्याख्या है, जो हमने अपने मस्तिष्क के पास स्थापित की है। यह हमारे मस्तिष्क रूपी ...
- यथा तुम मेरे यहाँ क्यों नहीं आए?...? तुमने अपने जन्मदिन की पार्टी पर हमें तो बुलाया नहीं? ऐसी बातों में बच्चा स्वाधीन नहीं होता, यह जानते...
- यदि यही बात जबान से कहते, तो फिर कौन सुनने वाला है?...? चाहे जितनी जोर से चिल्ला- चिल्लाकर कहिए कि गाड़ी चलाइये या गाड़ी रोकिए, पर कोई सुनने वाला नहीं है। ल...
- यदि अकारण दी होतीं तो वह पक्षपाती कहलाता और समस्त जीव-जन्तु परमात्मा से शिकायत करते कि अकेले मनुष्य को ही वे लाभ क्यों दिये?...? इस प्रश्न का उत्तर एक ही है कि परमात्मा ने मनुष्य को अपने प्रतिनिधि एवं सहयोगी के रूप में इसलिए सृजा...
- यदि अन्तर है तो वह कहाँ है कितना है?...? इस अन्तर को दूर रखने के लिये जो किया जाना चाहिए वह किया जा रहा है या नहीं? यदि नहीं तो क्यों?यह प्रश...
- यदि अन्य लोग जो सार्वजनिक समस्याओं के समाधान के लिए घर से निकलते हैं, वे सभी ऐसा सोच लें तो संसार में सेवापरक गतिविधियाँ चलेंगी ही नहीं?...? परिणाम क्या होगा, यह सोचे बिना अपनी सामर्थ्य और स्थिति के अनुसार प्रयास प्रारम्भ कर देना सेवा भाव की...
- यदि आत्मा और ईश्वर कोई है ही नहीं, कर्मफल देने की कोई अज्ञात व्यवस्था है ही नहीं, तो फिर पाप प्रवृत्तियों को अपनाकर शौक-मौज के साधन जुटाने से कोई चूके क्यों?...? आज यही विचार बुद्धिजीवी पीढ़ी के मस्तिष्क में घूम रहे हैं और उसका नैतिक स्तर दिन-दिन दुर्बल होता चला ...
- यदि आदमी की नीयत खराब हो जाए, तो उससे भयंकर भला कौन हो सकता है?...? ये सारी-की-सारी चीजें एक साथ मिल क्या गयी हैं, विश्व-मानवता के सामने मुसीबतों का पहाड़ टूट पड़ा है। ...
- यदि आप रोज नहाएँ तो क्या बाल-बच्चे हो जाएँगे, रुपया मिल जाएगा?...? नहीं बेटे, हम वायदा नहीं कर सकते। आपकी मर्जी है आप रोज नहाएँ। चाहे न नहाएँ। नहीं नहाएँगे तो बीमार पड...
- यदि आपको उदात्त बनना हो और मानवता के सिद्धान्तों से ओत-प्रोत होना हो तो गायत्री से बढ़िया इष्ट और क्या हो सकता है?...? बेटे! देवियाँ, देवियाँ नहीं हैं। ये भगवान की एक-एक कला हैं, एक-एक विशेषता हैं। अगर आपको सारी विशेषता...
- यदि आपको उदात्त बनना हो और मानवता के सिद्धान्तों से ओत-प्रोत होना हो तो गायत्री से बढ़िया इष्ट और क्या हो सकता है?...? बेटे! ये देवियाँ देवियाँ नहीं हैं। ये भगवान की एक-एक कला है, एक-एक विशेषता है। अगर आपको सारी विशेषता...
- यदि आरम्भ में ही दृष्टिकोण संभाल कर रखा जाय और उन्हें रोक-थाम कर बलिष्ठता अर्जित की जाती रहें, तो दुर्बलता और रुग्णता का अभिशाप क्यों सहना पड़े?...? तृष्णा में लालच के वशीभूत होकर मन अधिकाधिक वैभव संचित करने के लिए ललचाता है, फलतः अनीति अपनाने, कु...
- यदि इतनी सम्पत्ति और उसका बढ़ता हुआ मायाजाल संसार का पेट भरने में खर्च होता तो आज की दुनियो कैसी होती?...? अस्पतालों में लाखों नर-नारी रुपये की मार से या अभाव से बीमार पड़े हैं तथा लाखों नर-नारी धन के लिए जे...
- यदि इन से लोहा नहीं लेंगे तो कैसे बात बनेगी?...? इसलिए आप यहाँ से जब जा ही रहे हैं, आप संघर्षशील भी होकर जाइए, शूरवीर भी हो कर के जाइए।
उदार बनिए, ...
- यदि इस उत्तर से अपनी शक्ति को जगाएँ, तो शक्ति की कोई कमी है क्या?...? कोई कमी नहीं है।
आपके अन्दर भी शक्ति की कोई कमी है क्या? नहीं। हमको दिखाई पड़ता है कि आपके अन्दर भ...
- यदि इस बात को वह अपने भाई से, बाप से कह दे तो, आप उसे भला-बुरा कहते हैं कि तूने हमारी शिकायत क्यों की?...? बेटे! बात-बात पर हम यह कहते हैं कि हम मर्द हैं और तू औरत है। इसलिए हमारी बात को तुझे अपने भाई से नही...
- यदि इस भूल से बचा जा सके तो मनुष्य को ईश्वर का उत्तराधिकारी ज्येष्ठ राजकुमार कहने में किसी को क्यों आपत्ति हो?...? फिर उसकी प्रवृत्ति स्वार्थी बनकर आनन्द का रसास्वादन करते रहने में क्यों किसी प्रकार बाधक बने? क्यों ...
- यदि ईमान और भगवान हो, तो आपको जानना पड़ेगा कि आप क्या हैं?...? समय क्या है? एक और बात आपको जाननी पड़ेगी कि आपके ऊपर जिम्मेदारियाँ क्या हैं? आपको अपनी जिम्मेदारियो...
- यदि उनकी आधारशिला हिल जाये, एक-दूसरे को झूठा, ठग, जालसाज ओर विश्वासघाती जाने बैठें तो परस्पर निर्वाह कैसे होगा और सहयोग की गाड़ी के पहिये साथ-साथ कैसे लुढ़केंगे?...? एक झूठा व्यक्ति अपने दुर्व्यवहार से अनेक को आतंकित एवं आशंकित करता है इससे व्यापक क्षेत्र में अनिश्च...
- यदि उस धर्म प्रेरणा में कोई सार न होता तो यह लोग इतना कष्टसाध्य, निस्पृह जीवन क्यों बिताते और क्यों इतनी दुर्गम यात्राएँ करके धर्म सन्देश सुनाने के लिए दूरवर्ती देश-देशान्तरों में भ्रमण करते?...? तपस्वी भिक्षुओं के प्रखर व्यक्तित्व से अनेकों राजाओं, विद्वानों और प्रतिभाशाली लोगों ने प्रभावित होक...
- यदि उस परिवर्तन के लिए साहस न जुटाया जाये तो वही पुराने ढर्रे की अस्त-व्यस्त जिन्दगी जीनी पड़ेगी?...? मस्तिष्क में न जाने कितने प्रकार के असंबद्ध, अनर्गल और अनुपयुक्त विचार चिरकाल से ऐसा अड्डा जमाये बैठ...
- यदि उसका उपयोग भले काम में होता है तो इसमें हानि क्या है?...? (६) कहीं राग, कहीं द्वेष, कहीं रोष, कहीं क्लेश देख कर पिप्पल का मन सामाजिक जीवन से विरक्त हो गया। व...
- यदि उसका उपयोग भले काम में होता है, तो इसमें हानि क्या है?...? 15—सज्जनों को संगठित करने, अनीति से लोहा लेने और नवसृजन की गतिविधियों में पूरी रुचि लेंगे।कोमल और सौ...
- यदि उसकी ओर से उपेक्षा बरती जाती है, तो उसके विवाह को अपहरण के अतिरिक्त और क्या कहा जाएगा?...? विवाह से कामुकता की आग बुझाने का कानूनी अधिकार भले ही मिल जाता है, पर नैतिकता के कठोर अनुबन्ध इस दिश...
- यदि उसमें आपका भाग्य नहीं है, मनोकामना तो किसी की कहाँ तक पूरी होती है?...? मनोकामना तो किसी की भी पूरी नहीं होती। रावण की भी पूरी नहीं हुई। मनोकामना पूरी हुई? बिलकुल पूरी नहीं...
- यदि उसे एक बार भी आत्मानन्द का चस्का लग जाता तो दर-दर पर क्यों धक्के खाता फिरता?...? हम जानते हैं कि इन पंक्तियों को पढ़ते समय तुम्हारा चित्त वैसी ही उत्सुकता और प्रसन्नता का अनुभव कर र...
- यदि ऐसा कर लिया तो मुबारक, शादी नहीं भी की, तो क्या बनता-बिगड़ता है?...? परिवार में आप तो रहेंगे न, माँ-बाप के साथ तो रहेंगे न? बहन-भाइयों के साथ तो रहेंगे न? बोर्डिंग में त...
- यदि ऐसा न हो तो सैनिक समय पर युद्ध कौशल कैसे प्रकट कर सकें?...? असली शत्रु हमारे दोष दुर्गुण हैं। यह छिपे हुए शत्रु अत्यधिक भयंकर और प्रबल है। उन्हें जीत लिया जाय त...
- यदि ऐसा न होता तो आप हमसे क्यों जुड़ते?...? मैं सोचता हूँ कि आपके भीतर कहीं न कहीं ऋत है। ऋत जो भगवान् का सबसे बड़ा अनुदान है। हमारे व आपके लिए ए...
- यदि ऐसा न होता तो उज्ज्वल भविष्य की जो किरणें हर किसी को आश्वस्त कर रही हैं, उनका आलोक किस प्रकार दृष्टिगोचर होता?...? पर अब खोजने के लिए पंचवटी से लेकर रामेश्वर की यात्रा पूरी हो चुकी। रास्ता नापने का, ठहरने और भोजन का...
- यदि ऐसा न होता तो तीन मंजिला १५ कमरों का मकान वर्षों से क्यों खाली पड़ा रहता?...? आप समझ-बूझकर भी उसमें रह रहे हैं। नुकसान उठायेंगे।’’ इतना सस्ता और इतना उपयोगी मकान अन्यत्र मिल नहीं...
- यदि ऐसा न होता तो भावना के खदान में से ही नर रत्न निकलने का तथ्य कैसे मूर्तिमान रहता?...? ऐतिहासिक महापुरुषों में से प्रत्येक अनिवार्य रूप से भावनाशील रहा है। उसके अन्तःकरण में उच्चस्तरीय आक...
- यदि ऐसा न होता तो भावना के खदान में से ही नर रत्न महामानव उपलब्ध होने का तथ्य कैसे मूर्तिमान रहता?...? ऐतिहासिक महापुरुषों में से प्रत्येक अनिवार्य रूप से भावनाशील रहा है। उसके अन्तःकरण में उच्चस्तरीय आक...
- यदि ऐसा हुआ, तो उन रंगीन सपनों का क्या होगा, जो हमने बड़ी साध के साथ जीवन भर सजाए और सँजोए हैं?...? — अखण्ड ज्योति, अगस्त १९७०, पृष्ठ ५६१२. सदुपयोग क्षमता सम्पन्न बनें—आज धन, शिक्षा और साधनों की प्रच...
- यदि ऐसा है तो फिर यह जिम्मेदारी ही क्यों ली जाए?...? यह जानने योग्य बात है बल्कि यों कहना चाहिए कि विवाह से पूर्व उम्मीदवारों को इस बात का पूरी तरह बोध क...
- यदि ऐसी खूबसूरत हमारी माँ होती तो हम भी इतने खूबसूरत क्यों न होते?...? उस खूबसूरत औरत में उन्होंने अपनी माँ को देखा और माता को देखकर के विदा कर दिया। विदा करने के बाद में ...
- यदि ऐसे व्यक्ति युवा वर्ग में से मिल सकें तो फिर बात ही क्या है?...? घर में एक ही कमाने वाला है, उसे अभी हम नहीं बुलाते, पर यह जरूर कहते हैं कि साल में वह एक बार नौ दिन ...
- यदि कृपणता उन्हें घेरे रही होती, तो प्रेत-पिशाचों की पंक्ति में ही गिने जाने योग्य बने रहते; भले ही उनकी संचित-सम्पदा कितनी ही बढ़ी-चढ़ी क्यों न रही हो?...? सच्चाइयाँ कितनी ही कष्ट साध्य क्यों न हों, अपने स्थान पर अकेले ही समुद्र के बीच अवस्थित प्रकाश स्तम्...
- यदि कोई आदमी साथ में खड़ा हो जाय और आवाज दे कि—मोहनलाल जी हैं क्या?...? हाँ पण्डित रोशनलाल जी ! अभी आया। बस, खट् से कान बता देता है। आवाज देने वाले को नहीं देखा, पर कान में ...
- यदि गर्हित दृष्टिकोण बदला जा सका होता और पिछड़ों को प्रमुखता देते हुये उनका हक उन्हें स्वेच्छापूर्वक लौटा दिया गया होता, तो अपनी इसी दुनियाँ में कितनी प्रसन्नता और सुसम्पन्नता बिखरी पड़ी होती?...? आत्मानुशासन रखा गया होता, संयम बरता जाता और अनिवार्य आवश्यकताएँ पूरी करके काम चला लिया जाता, तो इसका...
- यदि चिन्तन सुधर जाए तब?...? तब फिर यह स्वर्ग हो जाएगा कि नहीं हो जाएगा। आज तो हमारे परिवार में भी स्वर्ग नहीं है।
हमने यह बीड़...
- यदि जन्म कुण्डली के आधार पर किसी का भविष्य निश्चित हुआ करे तो फिर कर्म का, पुरुषार्थ का क्या महत्त्व रहेगा?...? यदि कुण्डली के ग्रह अच्छे हैं, तो आलसी, प्रमादी, दुर्गुणी रहने पर भी भविष्य उत्तम रहेगा और यदि ग्रह...
- यदि जरूरी होता, तो भगवान् शंकर और पार्वती जी कैलाश पर्वत पर मानसरोवर, जो यहाँ से बहुत दूर है, तप करने क्यों जाते?...? दिल्ली के चावड़ी बाजार में क्यों नहीं बैठ जाते? तब उनके पास देखने वाले-दर्शन करने वाले हजारों आदमी ...
- यदि जीभ को काट डाले तो फिर मेरी बीमारियाँ बन्द हो जायेंगी?...? नहीं बेटे, जीभ को नहीं फाड़ना पड़ेगा, वरन् और गहराई में चलना पड़ेगा। कहाँ? असंयम पर, जहाँ से रोग पैदा...
- यदि जेवर ही सुन्दरता का चिह्न हैं तो फिर स्त्रियाँ ही गुड़ियों की तरह क्यों सजें, पुरुषों को भी उस तरह का सुन्दर बनने का अवसर क्यों न मिले?...? शृंगारिकता के विकास से हानि पूरे समाज की
कोई भी स्थिति या अवस्था प्रत्यक्ष लाभदायक तथा उपयोगी सिद्...
- यदि ठंढे लोहे को गरम लोहे से मिला दें, तो वह कब तक मिल जाएगा?...? कल ढाई बजे तक दोनों मिल जाएँगे। ढाई बजे आए और देखकर बोले अरे महाराज जी! यह तो ठंढा रखा हुआ है। आपस म...
- यदि दृढ़ता के साथ संकल्प का पालन किया जाए तब?...? संकल्प का पालन, यदि दृढ़ता के साथ नहीं किया गया, तो आज कुछ कह गए, कल समाप्त। एक व्यक्ति रोज मेरे पास...
- यदि दे सकें तो विश्वास करें, स्थिति कितनी ही जटिल क्यों न हो?...? अँधेरा कितना ही सघन क्यों न हो? आत्मा के दिव्य भावों का तेज व प्रकाश उसे तहस-नहस करने में समर्थ हो स...
- यदि दोनों को धनी बनना है तो दोनों को एक दूसरे को क्या देना होगा?...? ऐसी कौन सी चीज है, जिसके आदान-प्रदान से दोनों ही धनी बनेंगे?’’
बालक अनेक विकल्प देने का प्रयास करते ...
- यदि न गए होते, तो क्या हो जाते?...? बिलकुल नहीं होते भगवान राम।
समर्पण से बने भगवान
भगवान बनने की विद्या किसने दी? विश्वामित्र ने बनाय...
- यदि नहीं तो क्यों?...? यह प्रश्न ऐसे है जिन्हें अपने आप से गम्भीरता पूर्वक पूछा जाना चाहिए और जहाँ सुधार की आवश्यकता हो उसक...
- यदि नहीं तो समझायें?...? (४) व्यक्ति अपने को यदि अप्रसन्न समझता है तो क्यों? (५) प्रसन्नता किस प्रकार प्राप्त किया जा सकती है...
- यदि नहीं पहचाना तो क्या होगा?...? आदि-आदि।
इसी प्रकार सोचते-सोचते, ताँगा पकड़ा व शान्तिकुञ्ज पहुँची। पूज्य गुरुदेव नीचे ही मिल गये। दे...
- यदि नहीं बन पड़ रहा है तो उनका कारण और निवारण क्या हो सकता है?...? इस प्रकार के निर्धारण जीवन साधना के साधकों के लिये अनिवार्य रूप से आवश्यक है।...
- यदि नौकरी देते तब?...? बेटे, नौकरी देने से क्या बन सकता है? इससे आदमी की क्या जरूरत पूरी हो सकती है? कोई खास जरूरत पूरी नही...
- यदि परमसत्ता का ही मन एकाकी नहीं रमा, उसने एकाकीपन से ऊबकर मनुष्य समेत यह सृष्टि रची, तब उस सृष्टि का एक अंश मनुष्य एकाकी कैसे आनन्द पा लेगा?...? शक्ति का अर्जन और शक्ति की उपयोगिता दोनों ही समूह के बीच ही सार्थक हो सकते हैं। मन को उत्कृष्टताओं स...
- यदि पेट प्रजनन तक, लोभ-मोह तक उसकी गतिविधियाँ सीमित रहें तो उसे नरपशु के अतिरिक्त और क्या कहा जायेगा?...? लोभ-मोह के साथ अहंकार और जुड़ जाने पर तो बात और भी अधिक बिगड़ती है। महत्त्वाकांक्षाओं की पूर्ति के ल...
- यदि फिल्म उद्योग का उद्देश्य लोकशिक्षण रहा होता तो हजार वर्ष की गुलामी से उठे इस देश के पिछड़े लोकमानस को परिष्कृत करने के लिए फिल्म उद्योग अति महत्त्वपूर्ण भूमिका सम्पादित कर सकता था पर जिनने पशु-प्रवृत्तियों के उभारने के सस्ते तरीके अपनाकर अपनी जेबें भर लेने की ठान-ठानी हो, उनसे कोई क्या कहे और कहने का क्या परिणाम निकले?...? एक उपाय यह था कि आदर्शवादी फिल्म उद्योग का गठन किया जाये। लोक-शिक्षण का प्रयोजन पूरा करने वाली फिल्म...
- यदि बच्चे को खेलने की अनुमति देते समय आपने बाद में पढ़ने को कहा तो इस बात का ध्यान रखें कि वह खेल के बाद पढ़ने बैठता है या नहीं?...? यदि वह खेल के दौरान पढ़ाई वाली बात भूल गया है तो उसे इसका स्मरण दिला देना चाहिए। यदि इस पर भी वह टाल...
- यदि बाल न चढ़ाएँ तो?...? तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार डालेगी? देवी है या चुड़ैल? इस तरह की चुड़ैलों को देवियाँ बना दिया ग...
- यदि बाल न चढ़ाएँ तो?...? तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार डालेगी? देवी है या चुड़ैल? इस तरह की चुड़ैलों को देवियाँ बना दिया गय...
- यदि बेल अपनी मनमरजी से फैलती तो सिर्फ जमीन पर फैल सकती थी और ऊँचा उठना मुमकिन नहीं था, परन्तु इतनी ऊँची कैसे हो गई?...? क्योंकि वह पेड़ से गुँथ गई, लिपट गई। आप भी भगवान से गुँथ जाइए लिपट जाइए फिर देखिए कि आपकी ऊँचाई भी प...
- यदि भगवान नहीं आया होता जीवन में तो तुलसीदास कैसे सक्षम होते, आप भक्तों का उद्धार करने में?...? सन्त कबीर बिलकुल पढ़े-लिखे नहीं थे, परन्तु जब गुरु की कृपा उनके ऊपर आई तो वह निहाल हो गये। वे हिन्दू ...
- यदि भगवान नहीं आया होता जीवन में तो तुलसीदास कैसे सक्षम होते, आप भक्तों का उद्धार करने में?...? सन्त कबीर बिलकुल पढ़े-लिखे नहीं थे, परन्तु जब गुरु की कृपा उनके ऊपर आई तो वह निहाल हो गए। वे हिन्दू ...
- यदि मध्य प्रदेश का पानी महाराष्ट्र में चला गया तो क्या हुआ?...? अरे! भले आदमियो, छोटी-छोटी समस्याओं के लिये अपने जीवन का सर्वनाश क्यों कर रहे हो? आपस में एक-दूसरे क...
- यदि मनुष्य आत्म-बोध प्राप्त कर ले और समझ ले कि मैं कौन हूँ?...? क्या हूँ? और क्या कर सकता हूँ? तो समझना चाहिए कि उसे क्षुद्र से महान्, नर से नारायण, पुरुष से पुरुषो...
- यदि माता-पिता न सिखाएँ और बच्चा सिनेमा के गीत गाने लगे तो उसका क्या दोष?...? उसके तोड़-फोड़ के स्वभाव को कोई रोकना भी चाहे तो रोका जाना सम्भव नहीं, उससे हानि तो होती ही है, खीझ ...
- यदि मेरा संकीर्ण मन न होता, पर अब क्या करूँ?...? मैंने एक दाना जो दिया था वही एक दाना आ गया सोने के रूप में।
ये भगवान की खेती है। इस खेती में जैस...
- यदि यह अंशदान आप नहीं देते, तो इतनी बड़ी बिल्डिंग कहाँ से बनती?...? जो यहाँ के क्रियाकलाप हैं, वो कैसे चलते? यहाँ के जो इतने कार्यकर्ता हैं, कितने भावनाशील कार्यकर्ता ह...
- यदि यह दृष्टिकोण आ जाए तो कोई कैसे किसी के स्वास्थ्य को चौपट कर देगा?...? तब व्यापारी यह सोचेगा कि धनिया खरीदने आया है राम—उसे गधे की लीद मिला हुआ धनिया कैसे दे दूँ? अरे हम अ...
- यदि यह नहीं बदले, तो अक्षर पढ़ लिए, तो क्या हुआ?...? अक्षर पढ़ने से कुछ नहीं होता। नौकरी मिल जाएगी। गुण, कर्म और स्वभाव में यदि आपने परिवर्तन कर लिया है,...
- यदि यह बात मन में समा जाए, तो फिर हमारी वाणी में सदा शिष्टता और मधुरता ही क्यों न घुली रहेगी?...? अपने कष्ट के समय हमें दूसरों की सहायता विशेष रूप से अपेक्षित होती है। इस बात को ध्यान में जाए, तो फि...
- यदि यह बाहुल्य न होता तो वह पत्नी का समर्पणपरक, माता की जान जोखिम में डालने जैसी बलिदानी प्रक्रिया, बहन और पुत्री की अन्तरात्मा को गुदगुदा देने वाली विशेषता कैसे सम्भव होती?...? उसके इन दैवी गुणों ने ही उसे इस प्रकार का परमार्थपरायण तपस्वी जीवन जी सकने की क्षमता प्रदान की है।...
- यदि यह राष्ट्र के निर्माता का काम करें, आध्यात्मिकता का काम करें तो यह अपने देश को न जाने कहाँ से कहाँ ले जा सकते हैं?...? आध्यात्मिकता के इस सूत्र को मैं सेवा-सहायता कहता हूँ, कर्तव्यपरायणता कहता हूँ। हमारे जीवन में यदि यह...
- यदि यह संकोचशीलता न तोड़ी जाती तो यौन रोगों के चिकित्सक कहाँ से आते?...? प्रसव सहायता और गर्भाशयों की शल्य क्रिया कैसे सम्भव होती? संकोच वहाँ उचित है जहाँ कुत्साएँ भड़कने की ...
- यदि यह सच है तो हम अपने हित की बात ही क्यों न सोचें?...? यहाँ हमें सुख और हित का अन्तर समझना होगा। सुख केवल हमारी मान्यता और अभ्यास के अनुसार अनुभव होता है, ज...
- यदि यहीं-इसी प्रकार जीवन की इतिश्री होनी है, तो फिर उसका डरते हुए क्यों?...? हँसते हुए ही सामना क्यों न किया जाए? यह विचार उठे तो नहीं, बल पूर्वक उठाने पड़े। पूरा रास्ता डरावना थ...
- यदि युद्ध नहीं होता है, तो दूसरे तरह का नया संकट खड़ा होगा, जो उत्पादन हो चुका है, उसका क्या किया जाए?...? जन-शक्ति, धन-शक्ति और साधन-शक्ति इस प्रयोजन में लगी है, उसे उलट कर नये क्रम में लगाने की विकट समस्या...
- यदि रही भी तो एजेन्ट लोगों के घर में गया माल उन मृतात्माओं के पास कैसे पहुँच जायेगा?...? हर मनुष्य अपने भाग्य का निर्माता आप है। अपना पराक्रम, पुरुषार्थ जिस भी दिशा में लगाता है, उसी दिशा...
- यदि रिश्वत और चापलूसी भगवान को भी वशवर्ती कर सकती है; न्याय की, पात्रता की उपेक्षा करके यदि व्यक्तिगत कृपा-अकृपा का सिलसिला चल पड़े, तो फिर सामान्य लोगों को रिश्वत, खुशामद, भाई-भतीजावाद, पक्षपात जैसे अमान्य आधारों से विरत करने की बात कैसे बनेगी?...? सामान्य निर्धारण है-उचित मूल्य चुकाकर उचित उपलब्धियाँ प्राप्त करना। यदि आधार उच्चस्तरीय सत्ताओं ने ह...
- यदि लड़की को भी लड़कों के समान ही सुयोग्य बनाने के लिए अधिक समय तक शिक्षा-दीक्षा प्राप्त करने का औचित्य हो, तो फिर उसे बाल-विवाह के बन्धनों में बाँधकर घसीटते हुए किसी भी दूसरे पिंजड़े में स्थानान्तरित किए जाने का क्या औचित्य हो सकता है?...? विवाह के बाद योग्यता-सम्वर्द्धन के अवसर पूरी तरह समाप्त क्यों हो जाने चाहिए? अभिभावकों के घर लड़की न...
- यदि वरिष्ठता और महत्ता की जाँच-पड़ताल करनी हो तो एक ही बात खोजनी चाहिए कि व्यक्ति सामान्यजनों की अपेक्षा अपने व्यक्तित्व, चिन्तन, चरित्र और व्यवहार में उत्कृष्टता का अधिक समावेश कर सका या नहीं?...? सोने को कसौटी पर कसने के अतिरिक्त आग में भी तपाया जाता है, तब पता चलता है कि उसके खरेपन में कहीं कोई...
- यदि वह अनाकर्षक, असुन्दर, अनुपयोगी रहा होता तो चेतन को उसके प्रति रुचि ही क्या होती और क्यों होती?...? सत् और तम का संयोग यथावत रहे, इसी दृष्टि से नियति ने दोनों को परस्पर जोड़ दिया है। प्राणी का शरीर जड़ ...
- यदि वह और आगे बढ़ा तो जमीन पर गिर जाएगा, पर क्या करता?...? आगे बढ़ना ही जिसके जीवन का एकमात्र लक्ष्य हो।
उसने देखा वह रेलवे मालगोदाम के पास आ गया है। वह उसी तरफ...
- यदि वह प्रतिभा भाव-श्रद्धा के साथ जुड़ जाए तो?...? इस सोच ने उन्हें चल पड़ने के लिए विवश कर दिया। रास्ते भर सोचते जा रहे थे—तो वह लोगों का जीवन सँवारने...
- यदि वह भी पक्षपात करता, तो भला इतनी ऊँची जज की पदवी कैसे पा सकता था?...? हमारा गुप्त मन खुफिया जासूस की तरह हर घड़ी साथ-साथ रहता है और जो-जो भले-बुरे काम किए जाते हैं, उनका ...
- यदि वह मिली होती तो निश्चय ही औचित्य को प्रश्रय दिया गया होता और तथाकथित मित्र-परिचित क्या कहते है?...? इसकी पूर्ण उपेक्षा करके विवेक के प्रकाश में कदम बढ़ाने का साहस संजोया होता। महामानव इसी सत्साहस के बल...
- यदि वहाँ की कन्याओं को विवाह जैसे मामलों में निष्पक्ष चिन्तन की छूट है तो यहीं उसे धार्मिक दृष्टि से प्रतिबन्धित क्यों माना जाना चाहिए?...? बड़ी संस्था में पुरुष वर्ग की यह मान्यता है कि नारी को समान अधिकार, बराबरी का सम्मान देने तथा उसके स...
- यदि वही दबी और पिछड़ी स्थिति में बनी रही तो एकांगी प्रगति कैसे सम्भव हो सकती है?...? मैंने गुरुदेव को आश्वासन दिया था कि आपके बच्चों को छाती से लगाकर रखूँगी, प्राणों से भी बढ़कर प्यार क...
- यदि विद्यालय में सीखी बात ठीक से न समझ पाने के कारण बच्चा 'होम-वर्क' नहीं कर पा रहा है तो उसे यह कहकर झिड़क देने पर कि 'स्कूल में क्या सोते रहते हो?...? ' उसके मन में कुण्ठा उत्पन्न हो जाएगी। वह 'होम वर्क' को बोझ मान लेगा, पढ़ाई के प्रति उदासीन होने लगे...
- यदि विवेकानन्द ने अपने लिए माँगा होता तो उनको क्या मिलता?...? नौकरी मिलती या कोई बड़े व्यापारी बन जाते, फिर उससे क्या बनता। आज हम विवेकानन्द का नाम लेते-लेते थकते...
- यदि वे इतने ही समर्थ थे तो अपने स्वामी सुग्रीव को बालि के त्रास से क्यों न छुड़ा सके?...? अर्जुन यदि सचमुच ही महाबली थे तो द्रौपदी का भरी सभा में अपमान क्यों होने देते? अज्ञातवास के दिनों जि...
- यदि वे गलतियाँ आगे बढ़ती हुई चली गईं, तो फिर यह प्रायश्चित का पर्व क्या रहा?...? यह प्रायश्चित का पर्व है।
चिन्तन-मनन का पर्व
यह चिन्तन और मनन का पर्व है और दोषों को धोने का यह पर...
- यदि वे भूले न होते तो उनने अपने जीवन लक्ष्य को याद रखा होता और यह स्मरण रखा होता कि भगवान ने इंसान को दुनिया में किसलिए भेजा है?...? उसके ऊपर क्या जिम्मेदारियाँ सौंपी हैं? भगवान ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं?मित्रो! भगवान तो हृदय...
- यदि वे भूले न होते, तो उनने अपने जीवन लक्ष्य को याद रखा होता और यह स्मरण रखा होता कि भगवान् ने इंसान को दुनिया में किसलिए भेजा है?...? उसके ऊपर क्या जिम्मेदारियाँ सौंपी हैं? भगवान् ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं।मित्रो! भगवान् तो ...
- यदि वे भूले न होते, तो उनने अपने जीवन लक्ष्य को याद रखा होता और यह स्मरण रखा होता कि भगवान ने इंसान को दुनिया में किसलिए भेजा है?...? उसके ऊपर क्या जिम्मेदारियाँ सौंपी हैं? भगवान ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं?
मित्रो, ! भगव...
- यदि सभी को सही या गलत माना जाय, तो फिर अपने एक वोट को किसके पक्ष में डाला जाय?...? लोगों की अपनी-अपनी मान्यताएँ पूर्व प्रथा प्रचलनों के सम्पर्क में रहने से अथवा इन दिनों अपने पास-पड़...
- यदि समर्पित न करता तब?...? तब आपकी मनःस्थिति का होता और गंगा जी से कहता-आप नाला बन जाइए और हमारी मरजी पूरी कीजिए। हमारे साथ-साथ...
- यदि साँस लेने से जीवन का सम्बन्ध नहीं है, तो उसे प्राण के अर्थ में क्यों प्रयुक्त किया जाता है और प्राण को जीवन का पर्यायवाची क्यों माना जाता है?...? बात यह है कि हवा मोटे तौर से एक पदार्थ प्रतीत होती है पर उसकी भीतरी परतों में और भी महत्त्वपूर्ण वस्...
- यदि सारा देश गरीब रहता है और वो आदमी बैठकर इस तरीके से रोटियाँ खाता है, तो वह ऐसा कमीना आदमी है, उसको कमीना न कहा जाये तो क्या कहा जायेगा?...? ये कमीने आदमी मालदार भी हों तो क्या, अमीर भी हो जायें तो क्या? अमीर और मालदार और ज्यादा खाने वाले और...
- यदि सारे कुटुम्बियों को, छोटे बच्चों को, छोड़कर जो समर्थ व्यक्ति हैं, उन्हें किसी तरीके से किसी न किसी काम में लगाए रखने की बात को यदि आप विचार कर लें, तो आपको कुटुम्ब पालन में क्या दिक्कत पड़ सकती है?...? कुटुम्ब का परिपालन आपको भारी क्यों पड़ना चाहिए? आपको पेट भरने में दिक्कत क्यों होनी चाहिए?
म...
- यदि सारे-के-सारे लोग इस तरह से होंगे, तो काम कैसे चलेगा?...? इन उलटी अकल वाले लोगों का नवनिर्माण करना होगा। उन्हें दिशा देनी होगी। उनके विचार ठीक करने होंगे। इ...
- यदि साहस साथ दे तो हाथ, पैर, आँख, मुख और मन-बुद्धि इतनों का निरन्तर साथ रहने पर डरने का क्या कारण हो सकता है?...? वन्य पशुओं में कुछ ही हिंसक होते हैं। फिर मनुष्य निर्भय रहे, उनके प्रति अन्तः से प्रेम भावना रखे तो ...
- यदि सिद्धान्तों के प्रति हम आस्थावान न हुए होते तो सम्भव है कि कितनी बार भटक गए होते और कहाँ से कहाँ चले गए होते और हवा का झोंका उड़ाकर हमको कहाँ ले गया होता?...? लोभों के झोंके, मोहों के झोंके, नामवरी के झोंके, यश के झोंके, दबाव के झोंके ऐसे हैं कि आदमी को ल...
- यदि सिद्धान्तों के प्रति हम आस्थावान न हुए होते तो सम्भव है कि कितनी बार भटक गए होते और कहाँ से कहाँ चले गए होते और हवा का झोंका उड़ाकर हमको कहाँ ले गया होता?...? लोभों के झोंके, मोहों के झोंके, नामवरी के झोंके, यश के झोंके, दबाव के झोंके ऐसे हैं कि आदमी को लम्बी...
- यदि सुविधा-साधनों का बाहुल्य रहा तो भी उससे क्या कुछ बनता है?...? बाहर वालों को सुखी-सम्पन्न दीखना और बात है। कितने ही साधनों से सम्पन्न क्यों न हों, उनका अपनी दृष्टि...
- यदि हम अन्धे हो जाएँ तब?...? तब बेटे! हाथ पकड़कर दूसरा ले जाएगा।
आप देख पाएँगे? बिलकुल देख नहीं पाएँगे। कान, कान यदि सुनना बन्द ...
- यदि हम आदमी को पुरुषार्थवान बना दें और कम्युनिस्ट बना दें, तो?...? आपने देखा नहीं, थोड़े दिन पहले जो लोग पाकिस्तान से आये थे, अपनी सारी-की चीजों को गवाँ कर आये थे। वे...
- यदि हम उनको चिपकाकर रखेंगे, तो किसी के घर ढोलक कैसे बजेगी?...? मिठाई कैसे बाँटी जाएगी? कोई माता अपने लाल को कैसे निहारेगी? अपने लाल को पाकर कैसे धन्य होगी? एक का...
- यदि हम उस धर्म के मूल स्वरूप को लेकर हर गाँव में चले जाएँ तो क्या हम लोग देश की समस्या को हल नहीं कर सकते?...? जब अकेले एक स्वामी केशवानन्द साढ़े तीन सौ गाँवों की अशिक्षा की समस्या को हल कर सकते थे तो हमारी सं...
- यदि हम उस धर्म के मूल स्वरूप को लेकर हर गाँव में चले जाएँ तो क्या हम लोग देश की समस्या को हल नहीं कर सकते?...? जब अकेले एक स्वामी केशवानन्द साढ़े तीन सौ गाँवों की अशिक्षा की समस्या को हल कर सकते थे तो हमारी संख्य...
- यदि हम ऐसा न करें तो क्या होगा?...? (३) अन्याय और पुण्य दोनों ही किस प्रकार मानवीय प्रगति में सहायक हैं? (४) यह ठीक है कि हमें किसी को ठ...
- यदि हम दूसरों के स्थान पर होते तो हम किस प्रकार के बर्ताव की आशा करते?...? ठीक इसी कसौटी पर, हर प्रसंग में, हर क्षेत्र में कसकर यह जानना चाहिए कि अपनी ईमानदारी खरी है या खोटी?...
- यदि हम सबका दृष्टिकोण बदल जाय, तो क्या-से-क्या हो सकता हैं?...? बेलनगंज, जो कि आगरा शहर का एक मोहल्ला है, वहाँ के एक सम्पन्न व्यक्ति को पन्द्रह दिन से नींद आनी ...
- यदि हमने अपना परिष्कार परिवर्तन किया तो समाज परिवर्तन और समाज का परिवर्तन स्वाभाविक और सरल हो जाएगा?...? युग का परिवर्तन व्यक्ति के परिवर्तन और समाज के परिवर्तन के साथ जुड़ा हुआ है।...
- यदि हमारा विचार करने का तरीका या क्रम सही हो जाय, तो?...? देखने के लिए जो हमारी आँखें हैं, इन आँखों का लेन्स यदि बदल दिया जाय और उस लेन्स से हम केवल वह चीजे...
- यदि हाँ तो वैसा उदाहरण प्रस्तुत करके दिखा देने के लिए और कोई आगे क्यों नहीं आता?...? एक बन्दर द्वारा समुद्र छलाँग जाना, लंका जैसे सुदृढ़ दुर्ग को धराशाई बनाना, पर्वत समेत संजीवनी बूटी क...
- यदि हांडी खचाखच भरी हो तो पकने की प्रक्रिया कैसे पूरी हो?...? मथानी को गरदन तक भर दिया गया हो तो बिलोने पर जो उथल-पुथल होती है उसके लिए स्थान कैसे मिले?
पेट के ख...
- यदि है तो आप अपने बेटे को, बेटी को, भाई को क्यों पढ़ाते हैं?...? आपने बीबी को ही क्यों मना कर दिया? उसको क्यों नहीं आगे बढ़ाया? क्या यही दृष्टिकोण है, आपके दाम्पत्य ...
- यदि हैवान या शैतान नहीं पर सका तो भगवान् क्यों मरेगा?...? इनसान, इनसान को देखकर आकर्षित होता है और भगवान, भगवान को देखकर आकर्षित होता है और श्रेष्ठता को देखकर...
- यदि होती तो द्रौपदी का चीर उनकी आँखों के सामने कैसे खींचा जाता?...? वनवास काल में जहाँ-तहाँ छिपे रहकर जिस-तिस की नगण्य सी नौकरियाँ क्यों करते फिरते? हमारी क्षमता नगण्य ...
- यदुवंशी राजपूत हैं तो आप में कोई ब्राह्मण भी है क्या?...? नहीं साहब! ब्राह्मण तो नहीं है। अच्छा तो कोई बनिया होगा, कोई पोरवाल होगा, अग्रवाल होगा, खंडेलवाल ह...
- यद्यपि आज की तुलना में अभावग्रस्त थी उस जमाने में, इसका क्या कारण था?...? इसका कारण एक ही था कि उस जमाने के लोग उच्चकोटि का दृष्टिकोण अपनाए हुए थे। उनकी भावनाएँ उच्च स्तर की ...
- यद्यपि आज की तुलना में अभावग्रस्त थी, उस जमाने में इसका क्या कारण था?...? इसका कारण एक ही था कि उस जमाने के लोग उच्चकोटि का दृष्टिकोण अपनाये हुए थे। उनकी भावनाएँ उच्चस्तर की ...
- यद्यपि हजारों ही मन्दिर ऐसे हैं जिनका भोग-प्रसाद, उत्कृष्ट शृंगार, सफाई, रोशनी, मरम्मत आदि का खरच लाखों रुपया मासिक है, पर न्यूनतम औसत भोग-प्रसाद, दीपक, मरम्मत तथा पुजारी का वेतन आदि कुल व्यय का अनुमान लगा लेना चाहिए कि ६ लाख मन्दिरों का खरच इस हिसाब से कितने रुपए वार्षिक होगा?...? विशाल जनशक्ति और विपुल धनशक्ति भारतवर्ष में ५६७१६१ गाँव और २६९० शहर हैं। कुल मिलाकर इनकी संख्या ६ ला...
- यमुना क्या है?...? यमुना यह है कि हमारे अपने आन्तरिक जीवन का परिष्कार। आपको लोगों को यह बताना चाहिए कि भारतीय अध्यात...
- यरि हाँ तो किस तरह?...? (६) हमें अपना स्वभाव सन्तुलित बनाये रखने के लिये क्या-क्या उपाय करने चाहिए? (७) दूरदर्शी और विवेकवा...
- यशस्वी बनने का सच्चा उपाय कौन सा है?...? ११. समर्थता कैसे प्राप्त होती है? कथाएँ —— (१) भोज ने सारे राज्य को दावत दी। चारों ओर से नर-नारी आ-...
- यह कौन सा हथियार है?...? आपने इसके साथ- साथ जो पीले कपड़े पहना है और मैंने जिसके लिए उम्मीद रखी है और जिस काम की आपको दीक्षा...
- यह प्रतिनिधि कैसा होगा?...? हमारा नमूना होगा और हमारे आचार्य कैसे होने चाहिए? उनका रहन-सहन उनकी बोल-चाल उनका व्यवहार, उनका आचर...
- यह योग कैसे हो सकता है?...? यह तो शरीर की क्रिया है? भगवान शरीर नहीं है, शक्ति नहीं है, जप नहीं है। भगवान चेतन है और हमारी जीव...
- यह कैसा नव निर्माण?...? यह कैसा प्रभु अवतरण? इस असमंजस का समाधान प्राप्त करने के लिए दर्द पीड़ित रोगी के लिए डॉक्टर द्वारा क...
- यह अकल हम कहाँ से लाए?...? यह हमारे गुरु की कृपा थी। अठारह पुराणों के भाष्य हमने किए? नहीं बेटे! हमने नहीं किए। हमारी अकल ...
- यह अकल, यह दलील निरंकुश होने पर न जाने क्या कर सकती है?...? मित्रो ! हमें यदि चार सौ करोड़ व्यक्तियों का भाग्य बनाना है, नया युग गढ़ना है तो हमें दलील की माँ को प...
- यह अचिंत्य चिन्तन क्या है?...? यह एक दिमागी बीमारी है, दिमाग खराब होने की बीमारी है। नेचर ने वातावरण के दूषित होने की वजह से इनसान ...
- यह अचिंत्य चिन्तन क्या है?...? यह एक दिमागी बीमारी है, दिमाग खराब होने की बीमारी है। नेचर ने वातावरण के दूषित होने की वजह से इनसान ...
- यह अध्यात्म की लाश?...? जिसको आप लिए फिर रहे हैं। कौन सी लाश? यही नाक से हवा निकालने वाली लाश, केवल माला घुमाने वाली लाश। तो...
- यह अध्यात्म जब हमको मिला, तो हमें क्या करना पड़ा?...? हमने इस तरीके से विचार करना शुरू कर दिया कि हमारे जितने भी बैरी थे, उन सबको हमने मार डाला। कैसे मारा...
- यह अनचाही विसंगतियाँ उपजती क्यों हैं?...? इनका उद्गम या सूत्र संचालन होता कहाँ से है? इस सम्बन्ध में अधिक जानने की जिज्ञासा स्वाभाविक है। समाध...
- यह अनुदान किसे कहते हैं?...? किसी समर्थ सत्ता द्वारा कुछ लोगों को दिए जाते हैं। कुछ लोग कौन होते हैं? हमको मिलेंगे? आपको भी मिल स...
- यह अन्तर जिसकी दृष्टि में स्पष्ट हो गया वह काया की सुख-सुविधा, इन्द्रियों की लिप्सा और झूठी वाहवाही, शानशेखी का महत्त्व न देकर इस बात को महत्त्व देता है कि आत्मकल्याण और आत्मविकास जैसे महान प्रयोजन के लिए लाखों वर्षों बाद भूले हुए इस अमूल्य मानव जीवन का श्रेष्ठतम सदुपयोग कैसे करें?...? इसी धुरी के इर्द-गिर्द उसकी आकांक्षा, अभिलाषा, विचारणा घूमती है और रीति-नीति का निर्धारण होता है। इस...
- यह अन्नक्षेत्र किनका फला हुआ है?...? उनका फला हुआ है, जिनके पास सम्पन्नता भी है और दया भी है। आज मनुष्य जाति को ऐसे ही आदमियों की जरूरत है...
- यह अन्नक्षेत्र किनका है?...? उनका फला हुआ है, जिनके पास सम्पन्नता भी है और दया भी है। आज मनुष्य जाति को ऐसे ही आदमियों की जरूरत है...
- यह अपने आपमें इतनी बड़ी खुशी की बात है, यह अपने आप में इतनी घमंड की बात है, इतने बड़े गौरव की बात है कि हमें उसके मुकाबले में सफलता मिलती हो तो क्या?...? न मिलती हो तो क्या? अपना कर्तव्य पालन करने का अगर एक लक्ष्य बना लें, तो फिर जिस स्थिति में रहना पड़ र...
- यह अप्रत्याशित और अवांछनीय परिवर्तन आखिर हो कैसे गया?...? गंगा की उलटी धारा बहने कैसे लगी? सूर्य पच्छिम से उदय और पूर्व में अस्त कैसे हो रहा है? इस पहेली को ब...
- यह अभ्यास है सारे जीवन को कैसे जिया जाना चाहिए, उसका?...? आप इस शिविर में आकर और कुछ सीख पाए कि नहीं पर एक बात अवश्य नोट करके जाना। क्या? वह है अध्यात्म की पर...
- यह अमृत क्यों था?...? यह अत्यन्त सूक्ष्म था। वह पिप्पली को सूक्ष्म बनाते थे। मित्रो! मैं यह कहता हूँ कि किसी तरीके से यदि ल...
- यह अलग बात है कि उसे उभारने वालों की अग्रिम पंक्ति में कौन था, नेतृत्व किसने किया और श्रेय किसे मिला?...? यह आवश्यकता अनुभव हुई कि प्रतिगामी परिस्थितियों को बदला जाय। भारत के प्राचीन वर्चस्व और कर्तृत्व क...
- यह अलग बात है कि उसे उभारने वालों की अग्रिम पंक्ति में कौन था?...? नेतृत्व किसने किया और श्रेय किसे मिला?
यह आवश्यकता अनुभव हुई कि प्रतिगामी परिस्थितियों को बदला ज...
- यह असमंजस बना ही रहता है कि उसका क्या होगा?...? भविष्य न जाने कैसा बन कर रहेगा?इस विषम विडम्बना से छूटने का एक ही उपाय है कि दोष-दुर्गुणों की जो भार...
- यह अस्पताल किनने बनवाया है?...? उनने बनवाया है, जिनमें दया भी है और सामर्थ्य भी है। सम्पन्नता और दया दोनों जिनके भीतर हैं, अस्पताल उन...
- यह अस्पताल किनने बनवाया है?...? उनने बनवाया है, जिनमें दया भी है और सामर्थ्य भी है। सम्पन्नता और दया दोनों जिनके भीतर हैं, अस्पताल उन...
- यह अस्पताल बन्द हो जाने पर आपके अनुभव के बिना इनका ऑपरेशन कौन करेगा?...? इनसान को उठाया नहीं जा सका तो बात कैसे बनेगी?इसी काम के लिए हम समय लगाना चाहते हैं। सवाल हमारे समय क...
- यह अस्पताल बन्द हो जाने पर आपके अनुभव के बिना इनका ऑपरेशन कौन करेगा?...? इनसान को उठाया नहीं जा सका तो बात कैसे बनेगी?इसी काम के लिए हम समय लगाना चाहते हैं। सवाल हमारे समय क...
- यह आग ठंढी होती है या गरम होती है?...? ठंढ-गरम कुछ नहीं, बस, आग होती है और ऐसे ही भागती फिरती है।
मित्रो! यह क्या वबाल है? वहाँ की ...
- यह आज नहीं, वरन् आज से तीस साल पहले बतला दिया था कि हमारे क्रियाकलाप क्या हैं तथा हमारी भावी योजना क्या है?...? समाज निर्माण कैसे होगा? इस सन्दर्भ में उन दिनों, एक युगनिर्माण सत्संकल्प के रूप में घोषणापत्र बनाया...
- यह आदमी की अकल और आदमी की चेतना है, जिसने सारी की सारी पृथ्वी को कैसा बना दिया है?...? कहीं ताजमहल बने हुए हैं, कहीं पार्क बने हुए हैं, हजारों एकड़ जमीन समतल बनी हुई है। किसी जमाने में झाड़...
- यह आदमी पैसा लेना चाहता है या और न जाने क्या चाहता है?...? मित्रो! हमें अपने प्यार पर विश्वास है, यही नहीं हम एवं आप पर विश्वास है, यही नहीं हम एवं आप न जाने...
- यह आनन्द कहाँ है?...? भगवान् में है। अगर आप भगवान् के साथ आत्मीयता जोड़ लें, तो आपको भगवान् की भक्ति का आनन्द मिल जाएगा। ह...
- यह आनन्दित प्रसाद कहाँ से आया था?...? आँख खोली तो अन्तर्मन ने कहा कि यह है भावना का प्रवाह, जिसके द्वारा मैंने अपने भगवान् को पाया।
...
- यह आप क्या करते हैं?...? देखिये आप सवाल लेकर आ गये। हाँ भाई साहब! हम आपको बहुत प्यार करते हैं। हम आपकी बीबी- बच्चों की रक्ष...
- यह आप क्या कह रहे हैं?...? आप जो कुछ बहुत देर से कह रहे हैं, वह हमारी समझ में कुछ नहीं आ रहा है और ये पण्डित जी जो बोलते हैं, वह...
- यह आप क्या कह रहे हैं?...? आप जो कुछ बहुत देर कह रहे हैं वह हमारी समझ में कुछ नहीं आ रहा है और ये पण्डित जी बोलते हैं वह भी समझ ...
- यह आप नहीं कर पाएँगे क्या?...? जरूर कर पाएँगे, कोई दिक्कत की बात नहीं है। ऐसी जवानी आपको बड़ी आसानी से मिल सकती है और अध्यात्म आपको ...
- यह आपका बेटा कैसे हो सकता है?...? पानी के बहाव में लकड़ी के गट्ठे आपस में इकट्ठे हो जाते हैं और थोड़ी देर तक वे मिलते हैं, फिर बहकर दू...
- यह आपकी कौन लगती है?...? बुआ, चाची, मौसी? कौन है ये? नहीं साहब! यह सिनेमा की एक्टर है। तो आपने इसे किसके लिए लगा रखा है? इस...
- यह आपके प्रारब्ध की बात है कि दूसरे लोगों की सहायता या बिना सहायता के आप क्या कर सकते हैं?...? किसी कार्य का क्या फल मिलता है, आपके हाथ में यह कुछ नहीं है। लेकिन एक बात पूरी तरह से आपके हाथ म...
- यह आपको गालियाँ देता है?...? ’
बाबा जी ने कहा-‘हाँ भैया, देता तो है, पर मैं लेता कहाँ हँॅू। जब मैं लेता नहीं तो सब वापस लौटकर इसी...
- यह आपको पसन्द नहीं है, तो फिर क्यों घर बसा लिया?...? आपने बच्चों को कसाईखाने में रख दिया है। आप कुटुँब बसाते हैं, तो उसे कसाईखाने में मत रखिए, उसे भूखा म...
- यह आपने क्या किया?...? उन्होंने कहा कि पार्वती अभी देखती चलो। यह पृथ्वी अभी ऐसी विहीन नहीं हो गई है कि इसमें सब ऐसे ही होते...
- यह आपने क्यों कराया?...? प्रतीक इसलिए कराया कि आपको उसकी बारीकियाँ, गहराइयाँ समझने का मौका मिले। हमें जानकारी बनी रहे कि गायत...
- यह आवश्यकता कौन पूरी करे?...? माता भारती हमारी ओर आशा भरी आँखों से देखती है। अन्तरिक्ष में उसकी अभिलाषा इन शब्दों में गूँजती है-जना...
- यह इतना बड़ा काम करेगा कौन?...? भगवान करेंगे। बेटे! हमने आपको यह पहले ही बता दिया है कि भगवान नहीं करते। इनसानों की सहायता करना भगवा...
- यह इतना बड़ा काम करेगा कौन?...? भगवान करेंगे। बेटे ! हमने आपको यह पहले ही बता दिया है कि भगवान नहीं करते। इनसानों की सहायता करना भगव...
- यह इतनी बड़ी भूल है कि मैं नहीं जानता कि इससे भी बड़ी भूल और कोई हो सकती है?...? आपने जीवन को याद रखा और मौत को भुला दिया। हमारी प्रगति की गाड़ी जीवन और मौत के दोनों पहियों पर चलती...
- यह इतने बड़े काण्ड और कमाल कैसे कर सकता है?...? " ताँतिया डाकू ने कहा—"हजूर! अगर थोड़ी देर के लिए मुझे हुक्म दे दें और मेरी हथकड़ी खोल दें, तो मैं अ...
- यह इनसान है कोई?...? अगर आपका बेटा आपको गाली देता है, आपकी पिटाई करता है, आपके साथ में बदसलूकी करता है, तो कोई बड़ी बात न...
- यह इस बात पर टिका है कि हमारा मन कैसा है?...? भिन्न-भिन्न परिस्थितियों में सीधा भी रहता है और उलटा भी रहता है। दोनों ही परिस्थितियों में हम अपने आ...
- यह इस बात पर निर्भर रहता है कि हाथ के नीचे जो काम हैं, उसके अनुकूल और प्रतिकूल पक्ष की, हर हलचल और समस्या को कितनी गम्भीरता और यथार्थता के साथ आँका गया?...? समय रहते उनसे निपटने का किस प्रकार जुगाड़ बिठाया गया? सफलता ऐसे ही तेजस्वियों का वरण करती है। श्रेया...
- यह इस बात पर निर्भर है कि हम जीवन को किस तरह से जीते हैं?...? कर्म करने की कुशलता ही योग है। कर्मयोग का यह मंत्र मुझे 15 वर्ष की उम्र में गाँधी जी से मिला।...
- यह इस युग की महती सेवा है कि आदमी को क्रमबद्ध रूप से सामाजिक, नैतिक, बौद्धिक, आर्थिक, पारिवारिक एवं राष्ट्रीय समस्याओं के बारे में सच्चिन्तन करना कैसे सिखाया जाए?...? यह प्रयास अन्यत्र नहीं शुरू हुआ था, आज अपनी संस्था के द्वारा शुरू हुआ है। इसके द्वारा कितना साहित्य ...
- यह इस युग की महती सेवा है कि आदमी को क्रमबद्ध रूप से सामाजिक, नैतिक, बौद्धिक, आर्थिक, पारिवारिक, राष्ट्रीय एवं अन्तर्राष्ट्रीय समस्याओं के बारे में स्वतंत्र चिन्तन करना कैसे सिखाया जाए?...? यह प्रयास अन्यत्र नहीं शुरू हुआ था, आज अपनी संस्था के द्वारा शुरू हुआ है। इसके द्वारा कितना साहित्य ...
- यह उत्तरार्द्ध है तो पूर्वार्द्ध क्या है?...? पूर्वार्द्ध है-फिलॉसफी। पहला अंश तत्त्वज्ञान। गायत्री एक फिलॉसफी है। फिलॉसफी से क्या मतलब है?-ब्रह्म...
- यह उदाहरण है उदारता का, परमार्थपरायणता का, जो कोई भी अपना सकता है?...? जो सहृदय होता है, ब्राह्मण होता है, उसी पर यह लागू होता है।
जो ब्राह्मण का जीवन जीता होगा, वही ऐस...
- यह उदाहरण है कि उदारता परमार्थ परायणता द्वारा कोई भी बरसा सकता है?...? कौन जो सहृदय होता है, ब्राह्मण होता है, उसी पर लागू होता है।
जो ब्राह्मण का जीवन जीता होगा वही ऐ...
- यह उन शक्तियों का आह्वान है, जिसके द्वारा मनुष्य क्या से क्या बन सकता है?...? ब्राह्मण पैदा नहीं होता, वह यज्ञ की अग्नि में पकाया जाता है। घड़ा पैदा नहीं होता, अग्नि के अवे में पक...
- यह उनका कौन था?...? भगवान था, स्वामी था, सेवक था, सच-सच बता दीजिए? यह था मीरा का बेटा। उसने अपनी श्रद्धा के आधार पर उसे ...
- यह उन्हें किस पाप की सजा मिल रही है?...? उन्होंने अपने जीवन का अवलोकन किया, कहीं कुछ नहीं मिला। फिर विगत जीवन का अवलोकन किया। देखते-देखते पूर...
- यह उन्हें क्यों अच्छा लगने लगा?...? व्यापारी को विज्ञापनबाजी के लिए भी यही रास्ता पसन्द है। नारी के यौवनोन्मत्त रूप को हर वस्तु के साथ ज...
- यह उन्हें क्यों अच्छा लगने लगा?...? व्यापारी को विज्ञापनबाजी के लिए भी यही रास्ता पसन्द है। नारी के यौवनोन्मत्त रूप को हर वस्तु के साथ ज...
- यह ऋचाएँ अक्षर ज्ञान से भी पहले याद कराई जाती हैं, जिससे आदमी को मालूम पड़ जाए कि विद्या का उद्देश्य क्या है?...? ज्ञान का उद्देश्य क्या है? पढ़ने का उद्देश्य क्या है? उद्देश्य पहले बताया जाता है और उसका प्रयोग पीछे...
- यह ऋषियों की वाणी है और यह वो अध्यात्म है, जिसमें भगवान ने कहा है कि यदि इंसानों से आप ऊँचा उठना चाहते हैं, आगे बढ़ना चाहते हैं, खुशी होना चाहते हैं, समृद्ध होना चाहते हैं, सम्पन्न होना चाहते हैं, तो उसके लिए क्या तरीका हो सकता है?...? फार्मूला क्या हो सकता है? भगवान ने कहा, उद्धरेदात्मनात्मानं नात्मानमवसादयेत्। अर्थात् अपने
आपको उठा...
- यह ऋषियों की वाणी है और यह वो अध्यात्म है, जिसमें भगवान ने कहा है कि यदि इनसानों से आप ऊँचा उठना चाहते हैं, आगे बढ़ना चाहते हैं, खुशी होना चाहते हैं, समृद्ध होना चाहते हैं, सम्पन्न होना चाहते हैं, तो उसके लिए क्या तरीका हो सकता है?...? फार्मूला क्या हो सकता है? भगवान ने कहा, उद्धरेदात्मनात्मानं नात्मानमवसादयेत्। अर्थात अपने आप को उठ...
- यह एन्युॲल कमीशन क्या है?...? एन्युॲल कमीशन उसे कहते हैं कि आपको चार सौ रुपये का प्रीमियम देना पड़ता होगा तो कंपनी को सोलह रुपये च...
- यह ऐसा क्यों कर रहा है?...? मित्रो! नारद जी भगवान विष्णु के साथ उस भक्त के पास गए और पूछा—क्या बात है भाई! सूखे पत्ते क्यों खा र...
- यह ऐसा क्यों करता है?...? यह इसलिए करता है कि डूबने वाला इतना थका हुआ होता है कि जो कोई पार लगाने वाला होगा, यदि उसे मौका मिल ...
- यह कट कैसे गई?...? यह लगाई क्यों नहीं गई? इसका ऑपरेशन कैसे नहीं हुआ? कोई कुशल डॉक्टर नहीं मिला, या तो हममें कमी है या आ...
- यह कठिन है?...? बिल्कुल कठिन नहीं, बहुत सरल है। आपने देखा होगा नल टंकी के साथ में जुड़ जाता है। टंकी में तमाम पानी भर...
- यह कथा जो मैं अभी अभी आपको सुना चुका हूँ इसका क्या अर्थ होता है?...? आत्मबल, आत्मशक्ति संसार की सबसे बड़ी शक्ति है। इसे प्राप्त करने के लिए गायत्री का, ऋतम्भरा प्रज्ञा का...
- यह कदम हमने कहाँ से सीखा?...? यह कदम हमने अपने एक पड़ोसी देश से सीखा। वह कौन सा देश है? वह हिन्दुस्तान की सीमा से लगा हुआ बर्मा द...
- यह कपड़े आप क्यों सी रही हैं?...? तो कहतीं कि किसी के यहाँ बच्चा होगा, तो उसके काम आ जायेगा। किसके बच्चा होने वाला है? भगवान जाने कि...
- यह कफ़ कहाँ से आया?...? " उनको गुस्सा आया और चिलम को ले जाकर के मारा पत्थर पर और हुक्का एक कोने में रखा रहा। उन्हें इतनी नफर...
- यह कब की बात है?...? बहुत पुराने जमाने की। आज से हजार-दो हजार वर्ष पहले बलि के नाम पर जानवर मारे-काटे जाते थे, जिसका कि भ...
- यह कब फायदा देंगी?...? यह तब फायदा देंगी, जब आप हमारे साथ घुलेंगे-मिलेंगे अगर आप दूर-दूर रहेंगे, तो बात कैसे बनेगी? दूर र...
- यह कमजोरियों और कच्चाइयाँ जब मजबूर करेंगी कि जो ढर्रा चलता रहा है, वही चलता रहना चाहिए, तब फिर क्या करेंगे?...? अपने साथ में पक्षपात और रियायत करने का जब आपका मन उठे, तब आप स्वयं अपने मन के विरोधी हो जाइए। मन को ...
- यह कया ऊधम मचाते हो?...? भगवान का धनुष भगवान ने तोड़ा और दूसरा भगवान लड़ाई लड़ता है। यह क्या बात है? बेटे, इस सम्बन्ध में आप अपन...
- यह करना चाहिए कि अपनी दुकान में हम दो आदमी हैं- लाला चुन्नूलाल, लाला मुन्नूलाल एण्ड संस कौन सी है हमारी दुकान?...? यह शरीर ही हमारी दुकान है। इसमें दो आदमी काम करते हैं। इसमें दो आदमियों का हिस्सा है- एक हमारा शरी...
- यह करना पड़ेगा कि आप अपने आप को सौंप दीजिये, अपने आप को उनके हाथ की कठपुतली बना दीजिये और देखिये भगवान क्या-से काम करते हैं?...? पानी दूध में मिल जाता है और उसकी कीमत दूध के बराबर हो जाती है। एक छोटी-सी बूँद, नाचीज बूँद समुद्र मे...
- यह कल तो होने वाली हैं ना?...? कल का कोई ख्याल ही नहीं है।
मित्रो! जिसको कल का ख्याल नहीं आता, उसको शराब पीने में कोई एतरा...
- यह कल्पना किसके मन में उठेगी?...? देवता के मन में उठेगी और जिस समय देवता का संकल्प जगेगा, तो उसे रोकने वाला कोई नहीं होगा। उसे कोई रोक...
- यह कल्पना है या वास्तविकता है?...? इतिहासकार कहते हैं कि जब मीरा के लिए जहर का प्याला भेजा गया, तो गिरधर गोपाल ने कहा- भाई साहब, जह...
- यह कल्पना है?...? हाँ, ये कल्पना है, सिद्धान्तों की, आदर्शों की। यह आदर्श है। कौन-सा आदर्श? जिसमें हम जवान औरत को जिस भ...
- यह कल्पना है?...? हाँ ये कल्पना है, सिद्धान्तों की, आदर्शों की। यह आदर्श है। कौन सा आदर्श?? जिसमें हम जवान औरत को जिस भ...
- यह कशिश और चुम्बकत्व कहाँ से आया?...? यही कशिश और चुम्बकत्व आपको यहाँ से ले करके जाना है। गुरुजी हवन कराने की विधि को जानते हैं और गुरुज...
- यह कह देंगे, तो क्या हो जाएगा?...? आप रात्रि को जब सोया करें और मौत को जब याद किया करें, तो साथ में दो बातें और भी याद कर लिया करें कि ...
- यह कह पाना भी सम्भव है कि आने वाला समय कैसा होगा?...? वे रचनात्मक दिशा मेें सोचते हुए कहते हैं कि भविष्य निश्चित ही उज्ज्वल है, क्योंकि आधुनिकता की दौड़ स...
- यह कह रहा था कि आदमी के भीतर प्रभाव डालने की क्षमता और कशिश पैदा करने की और लोगों को प्रभावित करने का बल कहाँ से आता है?...? जरा बताइये? लोग इसे कहाँ से ग्रहण करते हैं? इस बात को आप जितनी जल्दी समझ जायँ, उतना ही अच्छा है। ल...
- यह कह रहा था कि रामचंद्र जी और श्रीकृष्ण भगवान, दोनों के दोनों इसी यज्ञीय प्रक्रिया को अपनाकर चले?...? सीता जी की अग्नि परीक्षा और अग्नि में से पैदा होने की बात मैंने आपसे कह दी। महाभारत में भी द्रौपदी क...
- यह कहता है कि हम इनकी मदद कैसे करें, किस तरीके से हम इनकी मदद करें?...? बेटे! आपके प्रारब्ध तो नहीं पलटे जा सकते। यह कहना तो हमारी मूर्खता होगी कि हम आपके प्रारब्धों को पलट...
- यह कहना जरा मुश्किल है क्योंकि रामचन्द्र जी ने रावण को मारा था, तब अकेले उन्होंने मारा हो तो बात कहाँ थी?...? उनके साथ में नल-नील थे, जामवन्त थे, हनुमान थे, अंगद थे और कितने ही रीछ-वानर थे। सबने मिलकर मारा था। ...
- यह कहा जाए कि राजा बेटा आ गया, कब आए, यह तो तुमने पता ही नहीं चलने दिया—बच्चे की सुखद अनुभूतियों को कितना चेतन करता है?...? स्कूली जीवन आरम्भ करने के साथ बच्चों में स्वावलम्बन की आदत डालने का प्रयास भी उसी समय किया जा सकता ह...
- यह कहा था कि सब मेरे भाई-भतीजे, कुटुम्बी हैं, इनको मैं कैसे मारूँगा?...? मुझसे नहीं मारे जाएँगे। कृष्ण ने कहा—अर्जुन तुमसे नहीं मारे जाएँगे। मार तो मैं एक क्षण में दूँगा, ले...
- यह कहाँ पैदा होता है?...? यह उत्तराखण्ड में जहाँ गोमुख है, उसके आगे तपोवन के नजदीक पैदा होता है। यह ब्रह्मकमल का फूल जमीन पर ख...
- यह कहाँ लिखा हुआ है?...? किस पुस्तक में है? इसके लिए आप हमारे गुरु श्रीनाथ चाण्डाल के पास जाइये। आपके गुरु कहाँ रहते हैं? ब...
- यह कहाँ से आ गया?...? बीज से आ गया। कौन-सा वाला बीज? वही, जो हमने गायत्री तपोभूमि की स्थापना करते समय बोया था। आप यहाँ स...
- यह कहाँ से आ गया?...? हमने जो बोया है, उसे काटा है। धन के साथ में हमने अपनी अकल, बुद्धि, चिन्तन, वाणी, लेखनी सभी कुछ केवल...
- यह कहाँ से आए?...? इसलिए मन्दिरों में इतनी गुंजाइश रखी जाती थी कि कभी दस-पाँच आदमी बाहर से आ जाएँ, तो उनके भी ठहराने और ...
- यह कहाँ से आए?...? इसलिए मन्दिरों में इतनी गुंजाइश रखी जाती थी कि कभी दस-पाँच आदमी बाहर से आ जाएँ, तो उनके भी ठहराने औ...
- यह कहाँ से आए?...? इसलिए मन्दिरों में इतनी गुंजाइश रखी जाती थी कि कभी दस पाँच आदमी बाहर से आ जाएँ, तो उनके भी ठहराने और ...
- यह कहाँ से आएगा?...? अतः जेवर के लिए वह दहेज माँगता है, तो क्या बुरा करता है? दहेज को बन्द करने की यदि बात करनी चाहिए, तो...
- यह कहाँ से आता है?...? बाहर से नहीं, भीतर से आता है। बाहर से मतलब देवताओं से नहीं आता। आप समझते क्यों नहीं? इसी का नाम अध्य...
- यह कहाँ से आता है?...? हवा में से आता है। क्या हवा की जरूरत नहीं है? केवल अन्न की जरूरत है? अन्न ही अन्न बकते चल जाते हैं औ...
- यह कहाँ से आता है?...? बाहर से नहीं भीतर मे आता है। बाहर से मतलब देवताओं से नहीं आता। आप समझते क्यों नहीं? इसी का नाम अध्या...
- यह कहाँ से आया था?...? बेटे! मैं तुझे नहीं बताऊँगा कि कहाँ से आया। कहीं से आया था? लेकिन इनसान का दिया हुआ नहीं था। कहाँ से...
- यह कहाँ से आयेगा?...? यह जन साधारण के जीवन में से निकल करके आयेगा। यह एक आदमी का काम नहीं है। यह बिड़ला सेठ का काम नहीं ...
- यह कहाँ से कमाई जा सकती है?...? इसके लिए एक हिस्सा बलवान व मजबूत होना चाहिए, शक्तिवान होना चाहिए। यह कौन-सा वाला हिस्सा है? जिसको हम...
- यह कहाँ से जुटे?...? स्पष्ट है कि इसकी पूँजी जागृत आत्माओं द्वारा की गई बचत कटौती से ही बन पड़ेगी। शिक्षा, साहित्य, कला, स...
- यह कहाँ से प्यारा लगता है?...? स्त्री में क्या बात है, बताना जरा? इसमें माँस है, हड्डियाँ हैं, खून है। और क्या है? साहब कुछ भी नह...
- यह कहूँगा कि आपकी महानता की वृद्धि के लिए सेवा नहीं करेंगे, तब तक आप उन्नतिशील नहीं बनेंगे?...? आपकी आत्मा में सन्तोष और शान्ति का निवास नहीं होगा।आत्मसन्तोष के अलावा समाज का सहयोग व भगवान् का अनु...
- यह कहे-हम तो समर्पित नहीं होते, हम तो इनके अनुशासन को नहीं मानेंगे फिर?...? फिर कठपुतली का तमाशा देखा जाना कैसे सम्भव है? भगवान का उद्यान, भगवान के उद्यान में अगर हम रहें, तब फ...
- यह कागज किसलिए है?...? यह एम० एल० ए० के चुनाव का कागज है। 250 रुपये फीस दाखिल करनी पड़ेगी। मेरे पास फीस कहाँ से आई है? अरे ...
- यह काम कौन शुरू करेगा?...? यह काम शुरू करेगा- मुर्गा। मुर्गा कौन? मुर्गा आप और कौन? आप अपने से शुरू कीजिए। गुरुजी! यह कैसे शु...
- यह काम होगा?...? हाँ बेटे, होगा। अभी भी हो रहा है। मारकाट से भी कर रहे हैं, बीमारियाँ भी कर रही हैं, बाहें भी कर रही ...
- यह काम होगा?...? हाँ बेटे, होगा। अभी भी हो रहा है। मारकाट से भी कर रहे हैं, बीमारियाँ भी कर रही हैं, बाढ़ें भी कर रही ...
- यह कार्य लेखनी, वाणी एवं प्रचार माध्यमों से भी एक सीमा तक ही हो सकता है, सो भी बड़ी मन्दगति से, जबकि आवश्यकता इस बात की है कि लोकचिन्तन में गहराई तक घुसी हुई भ्रष्टता से कैसे निपटा जाए और उसके फलस्वरूप जो दुराचरण का सिलसिला चल पड़ा है, उसके उद्गम को बन्द कैसे किया जाय?...? धूर्तता इन दिनों इस कदर बढ़ी हुई है कि वह कानूनी दण्ड व्यवस्था से लेकर धर्मोपदेश स्तर की नीति मर्याद...
- यह कि आपको जो बेशकीमती जिन्दगी मिली थी उसे आपने कहाँ खर्च कर डाली?...? किन-किन कामों में खर्च कर डाली। आप अभी से इसका जवाब तैयार कीजिए।
जीवन को गवाएँ नहीं, उपय...
- यह कि हमारा मिशन क्या है और आध्यात्मिकता क्या है?...? धार्मिकता क्या है? आस्तिकता क्या है? और जिस मिशन को ले करके हम चले हैं, उसका उद्देश्य क्या है? जहा...
- यह कितना खाना खाता है?...? हाईकोर्ट ने ऊँट से गवाही में पूछा—आप कितना खाना खाते हैं? ऊँट ने कहा—मैं छ: मन खाना खा जाता हूँ। भगव...
- यह कितना दूध देती है?...? छह किलो दूध देती है। सुबह छह किलो और शाम को छह किलो। तो लाइए सब दूध दे दीजिए। लीजिए साहब! दूध ...
- यह कितनी बेहूदा अकल और कितनी फूहड़ अकल है, जो अपनी जिन्दगी का फैसला नहीं कर सकते कि जिन्दगी किस काम के लिए है और मुझे क्या करना चाहिए?...? जो लोग हमें मिले हुए थे, उनके साथ हमने ऐसा-ऐसा व्यवहार किया था कि जैसे कि वे हमारे दुश्मन हों। अगर...
- यह कितने पैसे का हो गया?...? १-२ पैसे का है। महीने भर में कितने का हो गया? ४ से लेकर आठ आने का चक्कर है। कोई खास बात नहीं है तो म...
- यह कितने पैसे का हो सकता है?...? दस पैसे का हो सकता है।
मात्र ढक्कन है काया
मित्रो! मैं इस शरीर की व्याख्या कर रहा ...
- यह कितने पैसे का हो सकता है?...? दस पैसे का हो सकता है। मात्र ढक्कन है काया मित्रो! मैं इस शरीर की व्याख्या कर रहा हूँ। अच्छा साहब! इ...
- यह किनकी जिम्मेदारी है?...? इसको कौन पूरा करेगा? बेटे! आपके साथ हम हैं, हम पूरा करेंगे और आप पूरा करेंगे। आप लोग जो बैठे हैं, जि...
- यह किनके भाग्य में बदा हुआ है?...? यह बेटे! वेश्याओं के भाग्य में बदा हुआ है। अय्याशों के भाग्य में बदा है। सेठों के भाग्य में बदा हुआ ...
- यह किनके लिए है?...? उन्होंने कहा-यह उन लोगों के लिए है, जिन्होंने सेवाएँ की हैं। उन्होंने कहा कि सेवा करने वाले लोग यहाँ...
- यह किस उद्देश्य से रखा गया है?...? इसकी तीन धारायें प्रख्यात हैं। सृष्टि के प्रारम्भ में भगवान् का जो स्वरूप प्रकट हुआ था, उसे हम सत्...
- यह किस काम के लिए चढ़ाते हैं?...? यह समर्पण है। भगवान को, सविता को, सूर्य को समर्पण करते हैं। प्रातःकाल आप जप कर रहे हों, तो आप पूर्व ...
- यह किस काम के लिए छिड़का गया था, यह हमने बताया नहीं था?...? हाँ, महाराज जी! पर इस पानी से क्या होगा? एक बालटी पानी से तो मैं रोज ही स्नान कर लेता हूँ और आप तो ज...
- यह किस काम के लिए छिड़का गया था, यह हमने बताया नहीं था?...? हाँ महाराज जी! पर इस पानी से क्या होगा? एक बालटी पानी से तो मैं रोज ही स्नान कर लेता हूँ और आप तो जर...
- यह किस कारण से हुआ?...? यह उसकी मशक्कत एवं उसके पुरुषार्थ से सम्भव हुआ। पुरुषार्थ नहीं करता एवं किताबों पर ध्यान नहीं देता, ...
- यह किस तरीके से जिन्दा है?...? जरा बताइये तो सही। यह यज्ञ के आधार पर जिन्दा है। यज्ञ न हो तो आप जी नहीं सकते, आप मर जायेंगे। कैसे? ह...
- यह किस तरीके से पैदा हुआ?...? यह यज्ञ के द्वारा पैदा हुआ, जिसको हम हवनकुण्डों के द्वारा याद कराते हैं कि यज्ञ इंसान का फर्ज है। यज...
- यह किस तरीके से भ्रष्ट है?...? यह इस तरीके से भ्रष्ट है कि इसने यह समर्थन किया है कि आपको अनैतिक काम करने का कोई दण्ड नहीं मिल सकता ...
- यह किस तरीके से भ्रष्ट है?...? यह इस तरीके से भ्रष्ट है कि इसने यह समर्थन किया है कि आपको अनैतिक काम करने का कोई दण्ड नहीं मिल सकता ...
- यह किस प्रकार क्या करेगा?...? इसकी चर्चा से सर्वसाधारण को यह विदित हो सकेगा कि भावी महान परिवर्तन में वे किस-किस प्रकार अपनी भूमिक...
- यह किस रूप में होनी चाहिए?...? प्राण की एक धारा है—त्रिपदा की एक धारा है—‘श्रद्धा’! श्रद्धा किसे कहते हैं? श्रद्धा कहते हैं—श्रेष्ठ...
- यह किस वातावरण में बनाया गया है?...? इन सब बातों का अगर ध्यान नहीं रखेंगे तो आप जैसा अन्न खाएँगे, वैसा ही मन बनेगा। आपका जैसा अन्न है, उस...
- यह किसका उपासक था?...? महाकाल का था। महाकाल कहाँ है? महाकाल का मन्दिर वहाँ उज्जैन में बना हुआ है। रावण का आराध्य वही था। अच्...
- यह किसका कमाल था?...? यह अकल का कमाल था। अगर उनके पास अकल नहीं होती तब? तब वे जूता, चप्पल चुरा सकते थे, जेब काट सकते थे ...
- यह किसका खर्च था?...? नालन्दा विश्वविद्यालय का था।
मित्रो! मैं आपको और किसकी बताऊँ? तक्षशिला विश्वविद्यालय की बात बताऊँ। ...
- यह किसका चमत्कार था?...? बेटे! यह शरीर का चमत्कार है, जिसको हम देवताओं की भूमि कहते हैं, देवताओं का मन्दिर कहते हैं। देवताओं...
- यह किसका तरीका है?...? आग का तरीका है। आग सेकंडों में किसी को भी अपने समान बना लेती है। लकड़ी को अपने समान बना लेती है। सड़...
- यह किसका तरीका है?...? आग का तरीका है। आग सैकड़ों में किसी को भी अपने समान बना लेती है। लकड़ी को अपने समान बना लेती है। सड़े ...
- यह किसका दिया हुआ है?...? हमारा दिया हुआ नहीं है, हमारे 'बॉस' का दिया हुआ है। ब्रह्मवर्चस में शोधकर्ता कौन है? शोधकर्ता बे...
- यह किसका फोटो है?...? यह अमुक सिने कलाकार का फोटो है। यह आपकी कौन लगती है? बुआ, चाची, मौसी? कौन है ये? नहीं साहब! यह सिन...
- यह किसकी कथा है?...? यह कथा आप सब ब्राह्मणों की है। ब्राह्मण माने— सत्यवान । सावित्री माने, वह माँ जिसके चरणों में हम और ...
- यह किसकी करामात थी?...? झोला पुस्तकालय की, चल पुस्तकालय की और वकील साहब की। नहीं साहब! नौकर रखेंगे, कोई मिलता ही नहीं और वह ...
- यह किसकी करामात थी?...? झोला पुस्तकालय की, चल पुस्तकालय की और वकील साहब की। नहीं साहब! नौकर रखेंगे, कोई मिलता ही नहीं और वह ...
- यह किसकी कहानी है?...? आपकी कहानी है। आप कौन हैं? आप तो बेअकल जाट हैं, जो एक पाये की चारपाई लिए फिरते हैं। चारपाई माने माला...
- यह किसकी कहानी है?...? आपकी कहानी है। आप कौन हैं? आप तो बेअकल जाट हैं, जो एक पाए की चारपाई लिए फिरते हैं। चारपाई माने माला।...
- यह किसकी नसीहत है?...? यह हमारे पुरोहित की नसीहत है, यज्ञ भगवान की नसीहत है। यह तीसरी वाली शिक्षा है।
सबको अपने जै...
- यह किसकी नसीहत है?...? यह हमारे पुरोहित की नसीहत है, यज्ञ भगवान की नसीहत है। यह तीसरी वाली शिक्षा है। सबको अपने जैसा बना ले...
- यह किसकी फिलॉसफी है?...? नीत्से की। आपको मैं इतिहास इसीलिए बता रहा हूँ कि आप समझें कि दर्शन कितनी जबर्दस्त चीज है? दर्शन उस च...
- यह किसकी बात करते हैं?...? अपने आप की। अगर अपनी सेवा-प्रगति आप स्वयं करने लगें, तो आप मालदार हो सकते हैं। उसने अपनी हिम्मत बढ़ा ...
- यह किसकी हड्डी है?...? ये तो साहब कुत्ते की हड्डी है। नहीं साहब! ये मनुष्य की हड्डी है। मनुष्य की हड्डी कैसे हो सकती है? यह...
- यह किसकी है साधना?...? गले की। यह है साधना पत्थर की। ये किसकी है साधना? हर चीज की है।...
- यह किसके लिए है और खाली क्यों पड़ा है और इसमें कोई क्यों नहीं आता?...? उन्होंने कहा—यह सन्तों के लिए बनाया था, पर सन्त इसमें नहीं आते। हजरत ने पूछा—क्यों? सन्त क्यों नहीं आते...
- यह किसके लिए है?...? यह भले आदमियों के लिए है, शरीफों के लिए है, सज्जनों के लिए है। भावनाशीलों के लिए है, शरीफों के ल...
- यह किसने बनाया था?...? यह मदालसा ने अपने बच्चों को बनाया।
माँ का कर्तव्य
माँ का कर्तव्य है कि बच्चे को सही दिशा दे ...
- यह किसने मार डाला?...? भगवान ने। भगवान को आप गाली देंगे। आप अस्पताल होकर आइए और देखिए कि भगवान कितना दयालु है। वहाँ कितने आ...
- यह किसी काम आ सकती है?...? किसी काम नहीं आने वाली। वे चालाक आदमी हैं, इसलिए हमने सन्तों को नमस्कार कर लिया। हमने उनके बहुत चक्...
- यह कीमती है?...? नहीं, कीमती नहीं है, कम कीमत का है। अगर आप इसे बेचना चाहें, तब? किराये पर उठाना चाहे तब? तब इसके बहु...
- यह कैसा गंगा स्नान?...? ये महात्मा इस गंगाजी में रोज स्नान करते हैं, परन्तु इनका क्रोध समाप्त न हो पाया और न इनका लोभ समाप्त...
- यह कैसा प्रभु अवतरण?...? इस असमंजस का समाधान प्राप्त करने के लिए दर्द पीड़ित रोगी के लिए डॉक्टर द्वारा की गई आपरेशन व्यवस्था ...
- यह कैसा भक्त है?...? जरा मैं भी तो उस भक्त को देखूँ, जो भगवान से बड़ा है। भगवान से बड़े वाले भक्त को मैं देखना चाहता हूँ, ज...
- यह कैसा भगवान है?...? उन्होंने कहा—हमारी तपस्या बेकार हो गयी। कौशल्या ने कहा—भगवान तो गन्दगी नहीं करते। भगवान तमाम दिन खाना...
- यह कैसा लोहा है?...? साहब! यही लोहा है। अरे बाबा! यह कैसा लोहा है, यह तो कुछ और ही है। नहीं बाबा! यही लोहा है मिट्टी मिला...
- यह कैसा लोहा है?...? साहब! यही लोहा है। अरे बाबा! यह कैसा लोहा है, यह तो कुछ और ही है। नहीं बाबा! यही लोहा है मिट्टी मिला...
- यह कैसा होता है?...? रुपया लगा दीजिए और खूब पैसा आता है। खूब माल कमाते हैं। फिर क्या करेंगे? हम बिज़नेस करेंगे। दो-तीन वर...
- यह कैसी बुशर्ट है?...? साहब! यह मिट्टी की बुशर्ट है। आप इसे किसलिए पहनते हैं? ठंडक न लग जाय, गर्मी न लग जाय। देखिए आप शर्ट ...
- यह कैसी बेअकली है?...? पन्द्रह दिन पहले कैसी अच्छी बात कह रहा था, मिठाई खिलाता था, सिनेमा दिखाता था। अब कहता है कि खाना पका...
- यह कैसी मुसीबत है और कैसी कठिनाई है और कैसी दिक्कत है?...? सबसे बड़ी कठिनाई, सबसे बड़ी दिक्कत और सबसे बड़ी मुसीबत इस बात की है कि हम अपनी टीमवालों को ही नहीं सम...
- यह कैसी विडम्बना है हमारे समाज की?...? इतना ही नहीं लड़के की शादी होती है तो पैसा लिया जाता है और जब लड़की की शादी होती है तो समाज के लोग यह ...
- यह कैसी विडम्बना है?...? [क्रमशः अगले अंक में समापन ]
परमवन्दनीया माताजी की अमृतवाणी
ज्योति कभी बुझेगी नहीं
( उत्तरार्द्ध...
- यह कैसी विडम्बना है?...? आपने यह कभी नहीं सोचा कि वह अपने माँ-बाप को छोड़कर आयी है। वह आपसे न पेमेण्ट माँगती है न पेन्शन माँगत...
- यह कैसे आपने सन्देश भेजे?...? हमने पहले जन्मों के ऊपर आपके दृष्टि डाली कौन संस्कारवान है, कौन संस्कारवान नहीं है। जिनके अन्दर संस्...
- यह कैसे कर ली?...? कैसे भी नहीं कर ली। एकाग्रता और एक दिशा। दूसरी तरफ न हमारा मन चला, न हमारा जी चला, न भटकाव आया। न ...
- यह कैसे बने?...? इसके लिए एक तरीका यह है कि स्थूल शरीर को बिल्कुल ही छोड़ दिया जाए और जो करना है, उसे पूरी तरह एक या अ...
- यह कैसे बने?...? इसके लिए एक तरीका यह है कि स्थूल शरीर को बिल्कुल ही छोड़ दिया जाय और जो करना है, उसे एक तरह या अनेक स...
- यह कैसे मिली?...? यह उनके व्यवहार, परिश्रम तथा सात्विक आचार-व्यवहार के कारण मिली और वे प्रगति पथ पर आगे बढ़ सके। उन्हो...
- यह कैसे सम्भव हो गया?...? गायत्री मंत्र की सिद्धि कैसे हो गई? जप करने का महत्त्व क्या मैं अकेला ही जानता हूँ? दूसरे किसी ने जप...
- यह कैसे सम्भव हो सका?...? ऐसे सम्भव हो सका कि हमारे दृष्टिकोण में और आपके दृष्टिकोण में फर्क रहा। आपने उस तरीके से उपासना की क...
- यह कैसे हुआ?...? रावण को इतने तीर किसने मारे? इतने छेद किसने कर दिए? इतने सुराख इसमें कैसे हो गए? किस तरीके से इन स...
- यह कैसे हुआ?...? कायाकल्प हो गया। वह शिवाजी जो माता के पेट में से पैदा हुआ था, घर-गृहस्थी में गुजारा करता था, उसकी तु...
- यह कैसे हुआ?...? कायाकल्प हो गया। वह शिवाजी, जो माता के पेट में से पैदा हुआ था, घर-गृहस्थी में गुजारा करता था, उसकी त...
- यह कैसे हो सकता है?...? बेटे, बताता हूँ। हाँ महाराज जी! वह मंत्र बता दीजिए? कौन से मंत्र बता दूँ तुझे? महाराज जी! ऐसा मंत्...
- यह कैसे हो गया?...? गिरधर गोपाल के कारण। गिरधर गोपाल कौन? पत्थर का टुकड़ा। नहीं, मीरा की श्रद्धासिक्त प्रगाढ़ भावना के म...
- यह कैसे हो गया?...? बेटे, जादू से। जादू से कैसे हो गया? हमको भी सिखा दीजिए। बेटे, जिस जादू से दुनिया में बड़े-बड़े काम हुए...
- यह कैसे हो गया?...? यह किसने मार डाला? भगवान ने। भगवान को आप गाली देंगे। आप अस्पताल होकर आइए और देखिए कि भगवान कितना दया...
- यह कैसे हो गया?...? आदमी के भीतर शैतान घुस गया। तो क्या पढ़ाने से यह शैतानी दूर हो जायेगी? नहीं बेटे, पढ़ाने से बढ़ेगी, आज ...
- यह कैसे हो गया?...? बेटे, उसने श्रद्धा में से पैदा किया था और मरने के बाद वह उसी के साथ विलीन हो गया। रामकृष्ण परमहं...
- यह कैसे हो गया?...? इसलिए हो गया कि उन्होंने माँ का दूध पिया था। जिनको माँ का दूध नहीं मिलता है, वे कमजोर होते हैं। आपको...
- यह कैसे हो गया?...? गिरधर गोपाल के कारण। गिरधर गोपाल कौन? पत्थर का टुकड़ा। नहीं, मीरा की श्रद्धासिक्त प्रगाढ़ भावना के मिल...
- यह कैसे हो गया?...? नाले ने अपने आप को समर्पित कर दिया। किसको? नदी को। यदि समर्पित न करता तब? तब आपकी मनःस्थिति का होता ...
- यह कैसे हो गया?...? बेटे, जादू से। जादू से कैसे हो गया? हमको भी सिखा दीजिए। बेटे, जिस जादू से दुनिया में बड़े-बड़े काम हुए...
- यह कैसे हो गया?...? गिरधर गोपाल के कारण। गिरधर गोपाल कौन? पत्थर का एक टुकड़ा। नहीं, मीरा की श्रद्धासिक्त प्रगाढ़ भावना के ...
- यह कैसे हो गया?...? भगवान का अनुदान था। तो और किसको दिया था? हनुमान जी को दिया था। हनुमान जी की ताकत स्वयं की उपार्जित थ...
- यह कैसे हो गया?...? आपके मन ने बेचैन कर दिया। दूसरे शब्दों में हमारे भगवान ने बेचैन कर दिया। दूसरे शब्दों में हमारे भगवा...
- यह कैसे हो सकता है?...? (क्रमशः समापन अगले अंक में)
अध्यात्म का मर्म समझने हेतु बालिग बनिए - ४
(समापन किस्त)
...
- यह कैसे हो सकता है?...? मुझे विश्वास नहीं हुआ। मैंने देखा कि चक्रवृद्धि ब्याज के हिसाब से दस प्रतिशत जो आजकल ब्याज मिलता है,...
- यह कैसे हो सकता है?...? नास्तिकता का यह बहुत बुरा तरीका है और बहुत गन्दा तरीका है, जो आपने अख्तियार कर रखा है। यह नास्तिकता क...
- यह कैसे हो सकता है?...? अरे बेटे, यही होगा। यदि पतिव्रत धर्म जियेगा तो पत्नीव्रत धर्म भी जिन्दा रहेगा। अगर एक आदमी दस रखैलें...
- यह कैसे हो सकता है?...? यह एक ही तरीके से हो सकता है कि आपके पास अध्यात्म हो। अध्यात्म का अर्थ क्या है? अध्यात्म का अर्थ ह...
- यह कैसे हो सकता है?...? बेटे! अब तो आप समर्थ हो गए। अब तो आप दाढ़ी-मूँछ वाले हो गए, बड़े हो गए, तो जिम्मेदारी सँभालिए न हमार...
- यह कैसे हो सकता है?...? अपने आप। अपने आपसे क्या मतलब? अपने आपसे मतलब है—सुपर चेतना से, जो हमारे भीतर है, जिसके बारे में शुरू...
- यह कैसे होगा?...? मेरे गुरु ने दुखियारों की सेवा, समाज की सेवा कम की है, परन्तु उसने सारे विश्व को हिला दिया है। दूस...
- यह कैसे होगा?...? शुरुआत आप कीजिए। बेटे, हमें अपने-अपने घरों में से आस्तिकता का विस्तार करने की प्रक्रिया अभी इसी वसन्त...
- यह कैसे होगा?...? शुरुआत आप कीजिए। बेटे, हमें अपने-अपने घरों में से आस्तिकता का विस्तार करने की प्रक्रिया अभी से चालू ...
- यह कैसे होगा?...? इसमें दो आदमियों के सहयोग की जरूरत पड़ती है, अकेले आप नहीं कर पाएँगे, लेकिन कोई बाहर का आदमी अकेला आप...
- यह कैसे होगा?...? मेरे गुरु ने दुखियारों की सेवा, समाज की सेवा कम की है, परन्तु उसने सारे विश्व को हिला दिया है। दूसरो...
- यह कैसे होगा?...? इसमें दो आदमियों के सहयोग की जरूरत पड़ती है, अकेले आप नहीं कर पाएँगे, लेकिन कोई बाहर का आदमी अकेला आप...
- यह कैसे होगी?...? उसी का तो यह आन्दोलन है। कौन सा? देवदक्षिणा वाला। यह हर आदमी के भीतर से, जो दुष्वृत्तियाँ हैं, उनको क...
- यह कोई तरीका है?...? जनश्रद्धा का दुरुपयोग न हो मित्रो! हम अपने ढंग से भगवान् को बेकार आदमी जैसा बनाते हैं। अगर भगवान् सो...
- यह कोई गुरु-चेले के धंधे हैं?...? यह भी कोई भगवान की भक्ति है! यह तो केवल मखौल है। दिल्लगीबाजी है और मक्कारी है। आप जिसको भक्ति कहते ह...
- यह कोई चमत्कार है क्या?...? नहीं है। अरे साहब! कोई तमाशा दिखाइये, कोई अजूबा दिखाइये। जब आप अजूबा दिखा देंगे, तब हम चमत्कार मानें...
- यह कोई छद्म तो नहीं है?...? अदृश्य में प्रकटीकरण की बात भूत-प्रेत से सम्बन्धित सुनी जाती है और उनसे भेंट होना किसी अशुभ अनिष्ट क...
- यह कोई जिन्दगी है?...? यह तो नरक है।
आप से कोई क्या शिक्षा पाएँगे? आपको जो कोई देखेगा, वह कहेगा—आ! हा! हा, यही हैं गायत्र...
- यह कोई ठहरने के तरीके हैं?...? यह कोई रहने के तरीके हैं? आदमी गुणों के आधार पर विकसित हुआ है। महापुरुषों में से हरेक का इतिहास आप द...
- यह कोई तरीका है?...? जनश्रद्धा का दुरुपयोग न हो
मित्रो! हम अपने ढंग से भगवान को बेकार आदमी जैसा बनाते हैं। अगर भग...
- यह कोई तरीका है?...? जनश्रद्धा का दुरुपयोग न हो मित्रो! हम अपने ढंग से भगवान के बेकार आदमी जैसा बनाते हैं। अगर भगवान सोया...
- यह कोई रहने के तरीके हैं?...? आदमी गुणों के आधार पर विकसित हुआ है। महापुरुषों में से हरेक का इतिहास आप देखिए। जो छोटे-छोटे खानदानो...
- यह कोई सड़क है क्या?...? आप खेत में घोड़ा घुमाते हैं, इसका क्या मतलब है? महाराज ने कहा, हमने शिकार मारा था, जो घायल होकर यहाँ...
- यह कोई सड़क है क्या?...? आप खेत में घोड़ा घुमाते हैं, इसका क्या मतलब है? महाराज ने कहा, हमने शिकार मारा था, जो घायल होकर यहाँ...
- यह कौन आ गया?...? मनहूस आ गया। मनहूस कैसा होता है? जैसे—पापा। पापा किसे कहते हैं? मनहूस को। पापा जब घर में घुसेगा तो स...
- यह कौन आ गया?...? मनहूस आ गया। मनहूस कैसा होता है? जैसे-पापा। पापा किसे कहते हैं? मनहूस को। पापा जब घर में घुसेगा तो स...
- यह कौन आता है, कौन झाड़ू लगाता है?...? अछूत गुरु भक्त ऋषि ने कहा- जो मनुष्य की सेवा करना जानता है, उसका नाम देवता होना चाहिए। उसका नाम भग...
- यह कौन आदमी है?...? यह इक्कड़ आदमी है। इक्कड़ आदमी समाज के लिए बड़े नुकसानदायक होते हैं। इक्कड़ बड़े खौफनाक होते हैं। इक...
- यह कौन उलटी कर रहा है?...? बेटे, इसके अन्दर मशीन बैठी हुई है, जो ऑटोमेटिक सिस्टम से हमारा सारा काम चलाती है। हम जुलाब की गोली खा...
- यह कौन कर रहा है?...? यह कौन-सी शक्ति कर रही है?
बेटे! वही शक्ति करा रही है, जिसका कि गुरुजी ने संकल्प लिया है। जो कदम उ...
- यह कौन करता है?...? राजनीति? नहीं साहब राजनीति तो नहीं करती, हमारे बेटे ही बागी और उत्पाती हो गए हैं, कहना ही नहीं मानते...
- यह कौन करता है?...? यह आदमी का शरीर करता है। शरीर कीमती है? बेशक शरीर बहुत कीमती है।
मित्रो! स्थूल शरीर के बाद हमारा ए...
- यह कौन करता है?...? राजनीति? नहीं साहब राजनीति तो नहीं करती, हमारे बेटे ही बागी और उत्पाती हो गए है, कहना ही नहीं मानते।...
- यह कौन करती है?...? जीभ करती है।
मित्रो! अब आप क्या कर सकते हैं? आप सेहत की एक तरीके से सहायता कर सकते हैं। देवपर...
- यह कौन करती है?...? जीभ करती है।मित्रो! अब आप क्या कर सकते है? आप सेहत की एक तरीके से सहायता कर सकते हैं। देवपरिवार में ...
- यह कौन करेगा?...? संकल्प तो हमारा है। हम पूरा करेंगे? बिलकुल हम पूरा करेंगे और कौन करेगा? यह हाथ पूरा करेंगे, जो बैठे ...
- यह कौन कह रहा है?...? यह जीभ कहती रहती है और मेरा हाथ लेख लिखता हुआ चला जाता है। इतना बारीक और इतना अध्ययन से भरा हुआ लेख ...
- यह कौन कहता था?...? अवतार कहता था। अवतार, शरीरधारी को—व्यक्ति को नहीं कहते। अवतार एक उमंग को कहते हैं, एक तरंग को कहते ह...
- यह कौन कहता है?...? यज्ञ कहता है। फिर हम यह पूछते हैं कि सवेरे से सैकड़ों आदमी आपको हवन कर रहे थे, कोई मिठाई खिला रहा था...
- यह कौन कहता है?...? यह कहते हैं लोग। लोग किसे कहते हैं? घटिया लोगों को ‘लोग’ कहते हैं, कमीने लोगों को ‘लोग’ कहते हैं...
- यह कौन कहता है?...? भगवान कहता है। किससे कहता है? उस माँगने वाले से कहता है। माँगने वाले में जद्दोजहद बराबर बनी रहती है ...
- यह कौन कहता है?...? भगवान कहता है। किससे कहता है? उस माँगने वाले से कहता है। माँगने वाले में जद्दोजहद बराबर बनी रहती है ...
- यह कौन कहता है?...? सन्त लोग कहते हैं। सन्तों का यह फर्ज है, क्योंकि सन्त की सेवा, सन्त की गरिमा तभी जिन्दा रह सकती है, जब वह...
- यह कौन पैदा हो रहा है?...? कीड़े पैदा हो रहे हैं, जैसे कि मच्छर पैदा होते हैं, मक्खियाँ पैदा होती हैं।
आदमी की बेअकली ...
- यह कौन बताएगा?...? यह बात डॉक्टर अपनी प्रयोगशाला में बताएगा। इसी तरह हम अपनी, प्रयोगशाला में ले जाकर कह सकते हैं कि अभी...
- यह कौन बताएगा?...? यह बात डॉक्टर अपनी प्रयोगशाला में बताएगा। इसी तरह हम अपनी प्रयोगशाला में ले जाकर कह सकते हैं कि अभी ...
- यह कौन बदल रहा है?...? भगवान बदल रहा है। भगवान के अवतार जब कभी भी दुनिया में हुए हैं, तब भक्तजनों को अपना सौभाग्य चमकाने का...
- यह कौन बदल रहा है?...? भगवान् बदल रहा है। भगवान के अवतार जब कभी भी दुनियाँ में हुए हैं, तब भक्तजनों को अपना सौभाग्य चमकाने ...
- यह कौन बन गया?...? बेटे, यह सन्त बन गया। यह वामन भगवान बन गया, जिसने अपने चरणों से पृथ्वी को नाम लिया। पृथ्वी को नापने...
- यह कौन बन रहा है?...? रावण बन रहा है। पागल वहाँ भी इकट्ठे हो जायेंगे। पागलों की बात मैं नहीं कहता, मैं तो समझदार लोगों ...
- यह कौन बोल रहा है?...? बेटे, नास्तिक बोल रहा है। नास्तिक में यह हिम्मत नहीं है। आपको डर मालूम पडता है कि भगवान हुआ तब? तब व...
- यह कौन बोलता है?...? नास्तिक बोलता है। जब आप भीतर से यह कहते हैं कि हमारा मन भजन में नहीं लगता। भजन से क्या मिलता है? यह ...
- यह कौन भेजता था?...? हर्षवर्धन। हर्षवर्धन अरब देशों का राजा था। उसने अपनी सारी दौलत बुद्ध भगवान् को सौंप दी थी।
मित्रो!...
- यह कौन समझ पाता?...? सन्त सहज ही दूसरों को सम्मान देते रहने के अभ्यस्त होते हैं। इसी सन्त सुलभ-शिष्टाचार के अन्तर्गत लोग उन...
- यह कौन सा तरीका आ गया?...? मित्रो! ये ऐसे गंदे तरीके हैं, जिनने अध्यात्म के मूल उद्देश्य का सफाया कर दिया। यह ऐसा गन्दा तरीका है...
- यह कौन सा तरीका आ गया?...? मित्रो! ये ऐसे गंदे तरीके हैं, जिनने अध्यात्म के मूल उद्देश्य का सफाया कर दिया। यह ऐसा गन्दा तरीका है...
- यह कौन सा देवता है?...? यज्ञो वै विष्णुः। निश्चयपूर्वक, विश्वासपूर्वक पट्ठा ठोंक करके, छाती ठोंक करके हम कह सकते हैं कि यज्ञ...
- यह कौन सा देवता है?...? यज्ञो वै विष्णु:। निश्चयपूर्वक, विश्वासपूर्वक पट्ठा ठोंक करके, छाती ठोंक करके हम कह सकते हैं कि यज्ञ...
- यह कौन सा भूत है?...? वह भूत बेटे, तेरी जीभ है। तेरी जीभ काबू में आ गयी, तो फिर समझना की तेरा मन साफ हो गया। जीभ काबू में ...
- यह कौन सा मौका है?...? युग बदल रहा है और आपके लिए युग बदलने की भूमिका दिखाने का मौका है। आप दोबारा मौका देंगे? बेटे! यह दोब...
- यह कौन सा मौका है?...? युग बदल रहा है और आपके लिए युग बदलने की भूमिका दिखाने का मौका है। आप दोबारा मौका देंगे? बेटे! यह दोब...
- यह कौन सा है?...? यह शरीर के बाहर का है। इसका शरीर से कोई ताल्लुक नहीं है, मिठाई से कोई ताल्लुक नहीं है। इसका सिनेमा द...
- यह कौन सी आफत आ गयी?...? बेटे, यह आफत तो आनी ही थी। जब तक वह दूर थी, तब तक वह बड़ी सुहावनी थी और बड़ी अच्छी मालूम पड़ती थी और आक...
- यह कौन सी दवाई दे दी?...? भाई साहब! कुछ नहीं है। यह दूसरी कम्पनी की उसी फार्म्यूले की बनी हुई दवा है। किसी ने यह नाम धर लिया, ...
- यह कौन सी देवी थी?...? यह वो देवी थी जिसके नारी के रूप में, एक खूबसूरत महिला के रूप में शिवाजी ने अपनी माता का साक्षात्कार ...
- यह कौन सी पुस्तक थी?...? बेटे, यह सबसे पहली पुस्तक थी, जो मैंने छापी थी। छापने के तीन महीने बाद उसका छापना बन्द हो गया। क्या...
- यह कौन सी बीमारी है?...? यह बड़ी सड़ी हुई बीमारी है, बड़ी वाहियात और बड़ी गन्दी बीमारी है। हर आदमी इस बात के लिए व्याकुल हो रहा ...
- यह कौन सी मुसीबत आ गयी?...? अजी! जरा देखिये तो सही अगले वर्ष इतने बच्चे पैदा करना शुरू करती हूँ, तब आपको दाल, आटे का भाव मालूम प...
- यह कौन सुनता है?...? कान सुनते हैं। कानों में भी एक जायका होता है और आँखों में भी एक जायका होता है। आँख और कान का जायका...
- यह कौन से भगत हैं?...? यह भगत हैं आप, शंकर भगवान की हजामत बनाने वाले, जालसाज। भक्ति का मखौल न बने मित्रो! क्या करना चाहिए...
- यह कौन है आपकी?...? आप इसे प्यार नहीं दे सकते? अरे इस प्रकार की मशीनें, विदेशों में रबर की औरतें मिलती हैं। आप उसी को खर...
- यह कौन है जो हमारे भीतर बैठा हुआ है?...? हमारे भीतर यह एक पिशाच बैठा हुआ है और एक पशु बैठा हुआ है। इन पशु और पिशाच में से पशु अनैतिक नहीं होत...
- यह कौन है?...? क्या बेटे ऐसे ही होते हैं? नहीं, ऐसे नहीं होते बेटे। श्रवणकुमार के तरीके से बेटे होते हैं और राहुल क...
- यह कौन है?...? मनहूस है, राक्षस है जो हँसना-हँसाना नहीं जानता।
मित्रो! अगर आपके भीतर कदाचित् अध्यात्म आ गया ...
- यह कौन है?...? आदमी है या भूत-पलीत? मित्रो! आदमी क्या होता चला जाता है? आदमी भूत-पलीत होता चला जाता है। आदमी को जान...
- यह कौन है?...? यह वह बुढ़िया है, जो चाहती है कि मेरे पोते की शादी मेरे सामने हो। साहब! मेरे पोते की शादी जल्दी करा द...
- यह कौन है?...? यह हमारी बहन है। हमारी बहन अट्ठाइस साल की है। अच्छा यह हमारी माँ है, जो आपसे बड़ी है।
मित्रो! मैं...
- यह कौन है?...? यह हिम्मतवाला है—डकैत। आप अपने घर की रखवाली नहीं कर सकते और डकैत आपके घर पर दनदनाता हुआ चढ़ जाता है ...
- यह कौन है?...? यह गुरु और वह चेला तो—'पानी पीजे छान के, गुरु कीजे जान के।'
जो उदाहरण पेश किए हैं, वह जो मुझे जिन...
- यह कौन है?...? आश्चर्य। उस छवि ने बोलना आरम्भ किया व कहा—‘‘हम तुम्हारे साथ तीन जन्मों से जुड़े हैं। मार्गदर्शन करते ...
- यह कौन है?...? ये गुरु और वह चेला। तो पानी पीजे छान के, गुरु कीजे जान के। जो उदाहरण पेश किए हैं वह जो मुझे जिन्दगी ...
- यह कौन है?...? मनहूस है, राक्षस है जो हँसना-हँसाना नहीं जानता।मित्रो! अगर आपके भीतर कदाचित अध्यात्म आ गया तो आपके च...
- यह कौन हैं?...? कहाँ रहते हैं? मुझे कैसे मिलेंगे? उसने मुझे बताया कि यह हमारे गुरु, पण्डित श्रीराम शर्मा आचार्य जी है...
- यह कौन होता है?...? केवल अपनी ही चिन्ता करने वाले को दैत्य कहते हैं। दैत्य मनोवृत्ति के रूप में भी आता है और व्यक्ति के ...
- यह कौन-सा अध्यात्म है?...? यह कोई अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म वह होता है, जिससे व्यक्ति को प्रेरणा मिलती है। उस प्रेरणा को पाकर ...
- यह कौन-सा कार्य है?...? यही साधना है॥
आराधना—समाज सेवा है। ये तीनों एक-दूसरे के पूरक हैं। बेटा, अब हमको उपासना तो नि...
- यह कौन-सा तप है?...? तप वह है, जो कि व्यक्ति को बनना सिखाता है। अँगुलिमाल गए थे भगवान बुद्ध के पास। किसके लिए गए थे? लूट-...
- यह कौन-सा भगवान है?...? बेटे ! मैं इसी के बारे में कह रहा था। परमात्मा इसी का नाम है और हमारे व्यक्तिगत जीवन में कोई लाभ-हान...
- यह कौन-सा महीना है?...? जनवरी। अगले महीने फरवरी में दस-दस रुपये के हिसाब से एक लाख आदमियों के दस लाख रुपये जमा हो जाएँगे। आप...
- यह कौन-सा रिश्ता है?...? बेटे! यह हमारे खून के रिश्ते नहीं हैं। आप हमारे कोई भाई-भतीजे नहीं होते। हमारे रक्त के रिश्ते भी ...
- यह कौन-सा वाला हिस्सा है?...? जिसको हम बुद्धि कहते हैं, विवेक कहते हैं, अकल नहीं। अकल का सम्बन्ध शरीर और संसार से है। आपने बी०ए० क...
- यह कौन-सा शिविर है?...? यह अनुदान शिविर है। आपमें से जो इसमें भारी-भरकम लोग हैं, उनको अनुदान मिलेंगे। उनको इतनी वजनदार चीजें...
- यह कौन-सी उपासना है?...? यह कौन-सा तप है?
तप वह है, जो कि व्यक्ति को बनना सिखाता है। अँगुलिमाल गए थे भगवान बुद्ध के पास। क...
- यह कौन-सी कथा है?...? यह पुराणों की कथा है। आपको पुराणों की कथा पर विश्वास है कि नहीं? चलिए मुसलिम धर्म की एक कथा और बता द...
- यह कौन-सी ताकत थी?...? यह वह ताकत थी, जिसका मैं अभी आपसे जिक्र कर रहा हूँ। वह है—आदमी के भीतर वाला हिस्सा। आप चाहें तो उसको...
- यह कौन-सी शक्ति कर रही है?...? बेटे! वही शक्ति करा रही है, जिसका कि गुरुजी ने संकल्प लिया है। जो कदम उठाया, वह हर पल प्रेरणा देती र...
- यह कौन-सी श्रद्धा है?...? यह कौन-सा अध्यात्म है? यह कोई अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म वह होता है, जिससे व्यक्ति को प्रेरणा मिलती ...
- यह क्या है?...? ‘शार्ट साइट’ की बीमारी है। बेटे, हमारे समाज में लोगों को ऐसी ही बीमारी है। क्या बीमारी है? हमको आज...
- यह क्या है?...? अनाज का पिसान—आटा।इस तरह ये तीन चीजें हैं, चौथी कोई चीज नहीं है। तीन चीजों के द्वारा हलवाई की कला,...
- यह क्या कमाल दिखाएगा?...? दिखाइए।
बस, जिस तरह से मौत के कुएँ में मोटर साइकिल, चलती चली जाती है, ऐसे ही वह भागता हुआ चला गय...
- यह क्या कर रही है?...? भगवान को फल खिलाती है या छिलके खिलाती है? भगवान ने कहा- विदुर जी! आप हमारे और अपनी धर्मपत्नी के बी...
- यह क्या कर रही हैं?...? बिगाड़ेंगी क्या? बच्चे के लिए, तो आखिर माँ ही ऐसी दयालु है, जो कि जो दोष-दुर्गुण होते हैं, उन्हें भी...
- यह क्या कर रही हैं?...? बिगाड़ेंगी क्या? बच्चे के लिए तो आखिर माँ ही ऐसी दयालु हैं जो कि जो दोष-दुर्गुण होते हैं, उन्हें भी ...
- यह क्या कर रहे हैं आप?...? लाठी से गाय का दूध पी रहे हैं। नहीं साहब! लाठी से छूकर दूध नहीं पिया जा सकता। तो कैसे पिया जा सकता ह...
- यह क्या कर रहे हैं आप?...? बेटे! हम हाथ माँज रहे हैं, रगड़ रहे हैं। बरतन को बार-बार माँजते हैं। जप मानें रिपीट करना। फिर बार-बा...
- यह क्या कर रहे हैं आप?...? लाठी से गाय का दूध पी रहे हैं। नहीं साहब! लाठी से छूकर दूध नहीं पिया जा सकता, तो कैसे पिया जा सकता ह...
- यह क्या कर रहे हैं साहब?...? बेटे! हम रेचक प्राणायाम कर रहे हैं और यह दूसरा? पूरक प्राणायाम कर रहे हैं। यह क्या है? साँस खींचने क...
- यह क्या कर रहे हैं साहब?...? बेटे! हम रेचक प्राणायाम कर रहे हैं और यह दूसरा? पूरक प्राणायाम कर रहे हैं। यह क्या है? साँस खींचने क...
- यह क्या कर रहे हैं?...? बेटे! गरम कर रहे हैं। गुरुजी! गरम मत कीजिए, ठंढे में ही मिला दीजिए। नहीं बेटे! ठंढे में नहीं मिल सकत...
- यह क्या कर रहे हो?...? अरे अभागो! यह क्या कर रहे हो? आध्यात्मिकता के सिद्धान्तों का सत्यानाश कर रहे हो। कर्मकाण्ड कराने के प...
- यह क्या कर रहे हो?...? कोई माना नहीं और उनकी दाढ़ी तथा सिर के सभी बाल उखाड़ लिए। अब मौलवी साहब ने सोचा कि मेरे सारे बाल उखड़ ग...
- यह क्या करती है?...? समुद्र में बालू- मिट्टी डालती है। भगवान ने पूछा- अरी गिलहरी तू तो बहुत कमजोर है। तेरी हैसियत क्या ...
- यह क्या करती है?...? उन्होंने कहा कि यह अपने बालों में मिट्टी भरकर ले जाती है और समुद्र में पटक देती है। क्यों? इसलिए क...
- यह क्या कह रहा हूँ?...? यह अनुदान की बात कर रहा हूँ। यह अनुदान किसे कहते हैं? किसी समर्थ सत्ता द्वारा कुछ लोगों को दिए जाते ...
- यह क्या कह रहा है?...? साहब! यह कह रहा हूँ कि क्रिया कीजिए और चमत्कार पैदा कीजिए। क्रिया से चमत्कार कैसे पैदा होगा? नहीं, स...
- यह क्या कह रहे हैं?...? बेटे! हकीम जी नब्ज देखते हैं। नब्ज में क्या देखते हैं? यह देखते हैं कि दिल में धड़कन कितनी है। धड़कन...
- यह क्या कह रहे हैं?...? आपत्तिकाल की बात कह रहे हैं? आपत्तिकाल की कीमत जो समझते हैं, उनको यह भी ध्यान है कि आपत्तिकाल के लिए...
- यह क्या कहलाता है?...? तप। हमारी जो पुरानी अभ्यस्त आदतें हैं, उन आदतों के विरुद्ध लोहा लेना, लड़ाई करना, उन्हें इनकार करना—...
- यह क्या कहलाती है?...? यह कहलाती है—तपस्या। तपने का नाम है तपस्या मित्रो! हकीम लोग भस्में बनाते हैं हकीम जी! क्या बना...
- यह क्या कहलायेगा?...? यह कहलायेगा- टिप। तो आप हनुमान जी को क्या देना चाहते हैं? टिप। टिप में क्या देंगे? लड्डू। चल, धूर्...
- यह क्या कहलायेगा?...? यह वह कहलायेगा जिसको हम धर्म कहते हैं। हर जगह-जहाँ कहीं भी आप जायें, जहाँ कहीं भी आपको आधा घण्टा बो...
- यह क्या किया आपने?...? बेटे, भगवान ऐसा नहीं कर सकता। आदमी इसका उत्तरदायी स्वयं है। अपने आपको पुरष्कृत करने की विधा का नाम...
- यह क्या किया?...? भाई साहब! यह आग का संस्कार है। आग के संस्कार से हर चीज की सफाई होती है।
[क्रमश:]
व्यक्तित्...
- यह क्या खिला रही है-जहर?...? नहीं, जहर नहीं खिला रही थी, मैं तो चारों धाम की यात्रा का फल खिला रही थी। चारों धाम की यात्रा का फल ...
- यह क्या खिला रही है—जहर?...? नहीं, जहर नहीं खिला रही थी, मैं तो चारों धाम की यात्रा का फल खिला रही थी। चारों धाम की यात्रा का फल ...
- यह क्या गजब हो रहा है?...? मनोकामनाएँ पूरी की जा रही हैं। हमारे बच्चों की कैसी तबाही आने वाली है? हे भगवन् ! अब क्या होने वाला ...
- यह क्या चक्कर है महाराज जी?...? बेटे, चक्कर यह है कि मन को सीमाबद्ध करने के लिए उसे इतने बड़े दायरे में घुमाना पड़ेगा। कभी कमल को दे...
- यह क्या चक्कर है?...? ये सब क्या गड़बड़ हो गया है? अर्जुन बेचारा तो कह रहा था कि हम तो चाय की कैन्टीन चलाएँगे और गुजारा कर...
- यह क्या चक्कर है?...? बेटे! संस्कृत में उड़द के लिए 'माष' शब्द आता है। 'माष' में 'मा' पूरा है और 'ष' में पेट चीरा हुआ है। ...
- यह क्या चक्कर है?...? ये सब क्या गड़बड़ हो गया है? अर्जुन बेचारा तो कह रहा था कि हम तो चाय की केंटीन चलाएँगे और गुजारा करे...
- यह क्या चक्कर है?...? बेटे जब प्राण भीतर चला जाता है तब वह ये कहता है कि हमको अच्छी परिस्थिति चाहिए, बेहतर परिस्थिति चाहिए...
- यह क्या चन्द्रगुप्त की ताकत थी?...? वह ताकत चाणक्य की थी, जिसने अपने दिव्य अनुदानों से चन्द्रगुप्त को बृहत् भारत का शासक बना दिया। गुरुज...
- यह क्या चीज थी?...? भावना थी। किसने दी? हमारे गुरुदेव ने दी। इसको मैं वसन्त कहता हूँ। जब से होश सँभाला तब से अब तक ५५ वस...
- यह क्या चीज है?...? त्याग और बलिदान है। इसको हम भूल नहीं सकते। क्यों विश्वामित्र ने हरिश्चंद्र को ही दोस्त बनाया? इससे क...
- यह क्या चीज है?...? यह बेटे! शिक्षा है, दिशा है, धारा है और एक फिलॉसफी है जिन्दगी की।
शिक्षण एवं दिशाधारा
...
- यह क्या चीज है?...? बेटे! यह हमारी अन्तरात्मा का, अन्त:करण का गुण है। आपका अन्त:करण अगर विकसित हो जाए तो आपमें से हर आदमी उ...
- यह क्या चीज है?...? यह यज्ञीय परम्परा की बात है। यह लाइलाज बीमारियों के भी काम आ सकती है। पहले भी आती थी और फिर से आगे भी...
- यह क्या चीज है?...? यह चरण नम्बर एक है ज्ञान का और चरण नम्बर-दो? आपके भीतर से जब ज्ञान की धारा उदय होगी, तो दो चीजें आ...
- यह क्या चीज है?...? बेटे, यही है वह मूल बात, जिसे गहराई से तीसरी आँख से देखा जा सकता है। हमारी इस आँख में माइक्रोस्कोप...
- यह क्या चीज है?...? कुछ नहीं, शक्तियों के अपव्यय को रोक देना है। "योगः चित्तवृत्तिनिरोधः।" अर्थात चित्तवृत्तियों को रोक ...
- यह क्या चीज है?...? यह एक ऐसा सिस्टम, ऐसी व्यवस्था है, जिसके अन्दर जड़ और चेतन सब जुड़े हैं।
यह कौन है? यह सारी-क...
- यह क्या चीज है?...? त्याग और बलिदान है। इसको हम भूल नहीं सकते। विश्वामित्र ने हरिश्चंद्र को ही दोस्त क्यों बनाया? इससे क...
- यह क्या चीज होती है?...? यह एकाग्रता की शक्ति है, जो हिप्नोटिज्म के नाम से, आँखों के प्रभाव के नाम से, प्रतिभा के नाम से जिस ...
- यह क्या चीज होती है?...? यह एकाग्रता की शक्ति है, जो हिप्नोटिज्म के नाम से, आँखों के प्रभाव के नाम से प्रतिभा के नाम से जिस भ...
- यह क्या तरीका है?...? यह ऐसा तरीका है, जिसको हम सहकारिता का तरीका कह सकते हैं और आध्यात्मिक उन्नति के क्षेत्र में शॉर्टकट ...
- यह क्या था?...? यह वनवासकाल था। और अब क्या हो गया? अब बेटे! संस्कृति की सीता रावण के मुँह में चली गई, जहाँ बेचारी की...
- यह क्या था?...? हमने अपने आपको नाले के तरीके से मिला दिया है। किसमें? गंगा में। कौन सी गंगा? भगवान में। हमारे पा...
- यह क्या था?...? बेटे! यह तप की शक्ति थी। दधीचि की? दधीचि की नहीं, तप करने से उनकी अस्थियाँ शक्तिशाली हो गई थीं।
...
- यह क्या था?...? उन्होंने ऐसे संस्कार बना रखे थे कि हमारा जीवन ईमानदारी का है, इसको देखिए और जो बेईमानी का जीवन है, उ...
- यह क्या था?...? यह वनवास काल था। और अब क्या हो गया? अब बेटे! संस्कृति की सीता रावण के मुँह में चली गई, जहाँ बेचारी क...
- यह क्या था?...? यह प्रतीक था। यह आपने क्यों कराया? प्रतीक इसलिए कराया कि आपको उसकी बारीकियाँ, गहराइयाँ समझने का मौका...
- यह क्या था?...? उनके दिव्य चक्षु की शक्ति? नहीं, मित्रो! यह था उनका अनुदान, जो शिष्य को गुरु से मिला था। कभी आपने टा...
- यह क्या था?...? धर्म के चक्र को प्रवर्तित कर देना, धर्म के चक्र को घुमा देना। भगवान बुद्ध ने इसका शुभारम्भ किया और सम...
- यह क्या थे?...? वाजपेय यज्ञ थे। इसमें विचारशील लोग एकत्रित होते थे। इनमें हवन भी होते थे, सत्संग-कथाएँ भी होती थीं, ...
- यह क्या धंधा खोल लिया है?...? अरे यार, यह भगवान का धंधा है, तू भी खोल, फिर देख। जरा यह पुस्तक पढ़ तो सही, तब पता चलेगा, क्या है? इ...
- यह क्या धंधा खोल लिया है?...? अरे यार, यह भगवान का धंधा है तू भी खोल, फिर देख। जरा यह पुस्तक पढ़ तो सही, तब पता चलेगा, क्या? इस जमा...
- यह क्या नहीं कर सकता?...? अखण्ड-ज्योति में कोई चार लेख ऐसे छपे हैं कि यह भी प्रयास किये जा रहे हैं कि मनुष्यों के मस्तिष्क को ...
- यह क्या निकालकर लाए?...? काला बिच्छू। अरे महाराज जी! यह तो काट खाएगा। हाँ बेटे! तभी तो तेरी कुण्डलिनी जगेगी। अरे साहब! मर गया-...
- यह क्या पहन रहे हैं?...? साहब! यह स्वेटर पहन रहे हैं। स्वेटर मिट्टी का भी हो सकता है? नहीं, साहब! स्वेटर तो ऊन का होता है, ऊन...
- यह क्या बतला रहा हूँ?...? यह साहस एवं हिम्मत की बात बतला रहा हूँ। यह कहानी इसलिये सुनाता हूँ कि हमारी सामर्थ्य लोगों को वरदान ...
- यह क्या बन गया?...? इसमें इतना दूध और इतनी चीनी मिला करके क्या बना दिया? पेड़ा बना दिया। चाहे पेड़ा हो, चाहे जलेबी हो, स...
- यह क्या बना दिया?...? साँप बना दिया। उसके हाथ? हाथ की जरूरत नहीं है। पैर? पैर की जरूरत नहीं है। कान? कान की जरूरत नहीं है।...
- यह क्या बना रहे हैं?...? सीप की भस्म बना रहे हैं। प्रवाल की भस्म बना रहे हैं, वंग की भस्म बना रहे हैं। आप लोहे को क्यों जला र...
- यह क्या बनाकर रखा है?...? चड्ढी और कुरता। यह क्या बनाकर रखा है? उसके मुँह से लार निकलेगी तो गले में बाँधने का। तो बच्चा कहाँ ह...
- यह क्या बनाकर रखा है?...? चड़्डी और कुरता। यह क्या बनाकर रखा है? उसके मुँह से लार निकलेगी तो गले में बाँधने का। तो बच्चा कहाँ ...
- यह क्या बात कर रहे हैं?...? यह बात अनुदान की कर रहे हैं। अनुदान क्या है? यह महत्त्वपूर्ण चीज है। काँग्रेस के अन्दर जवाहर लाल नेह...
- यह क्या बात थी?...? यह थी कीर्ति, जो व्यक्तित्व की चमक से पैदा होती है। यह धर्म-प्रचारकों का व्यक्तित्व ही है, जिन्होंने...
- यह क्या बात हुई?...? उपासना हुई, नजदीक बैठना हुआ। नजदीक बैठना, यानी चिपक जाना अर्थात् समर्पण कर देना। चिपकने की यह विद्...
- यह क्या बात हुई?...? उपासना हुई, नजदीक बैठना हुआ। नजदीक बैठना यानि चिपक जाना अर्थात समर्पण कर देना। चिपकने की यह विद्या ह...
- यह क्या बात है, इतनी भीड़ क्यों जमा है?...? शंकर जी ने कहा—आज सोमवती अमावस्या है। इस सोमवती अमावस्या के स्नान से क्या फायदा है? शंकर जी बोले—जो ...
- यह क्या बात है, ऐसे क्यों भागते चले आते हैं?...? बेटे! उनको वास्तव में कुछ मिलता है, इसमें दो राय नहीं हैं। हाँ, जिसका भाग्य बिलकुल ही ठप्प हो जाए या...
- यह क्या बात है?...? कैसे चल सकते हैं? सवारी से? नहीं, सवारी नहीं है। उनके पास बन्धन नहीं है, हमारे पास बन्धन है। देवताओं क...
- यह क्या बात है?...? क्या वे कौम के माली हैं? इनके यहाँ फूलों की खेती होती है? जहाँ कहीं भी शादी होती है, अच्छा काम होता ...
- यह क्या बात है?...? बेटे, इस सम्बन्ध में आप अपना दिमाग साफ कीजिए। अगर आप अपना दिमाग साफ नहीं करेंगे, तो गायत्री मंत्र का...
- यह क्या बात है?...? यह गरीबी है, जिसमें आदमी कमाता तो है, पर स्वयं खाने का जायका लेने की अपेक्षा खिलाने के जायके को ...
- यह क्या बात है?...? अकल है और क्या है। आप सुनते तो हैं नहीं। अकल है नहीं। नहीं साहब! हमें अकल से कोई वास्ता नहीं है। ...
- यह क्या बात है?...? यह है—ताकत की कीमत, ज्ञान की कीमत। बेटे, तू समझता नहीं है। आजकल एक मजदूर को 4 रुपये, एक को 7 रुपये द...
- यह क्या बात है?...? बेटे, यह आपका दण्ड है कि आपने शरीर के साथ में जो सलूक करना चाहिए था, इसकी शक्तियों को जिस हिसाब से, ज...
- यह क्या बात है?...? क्या वे कौम के माली हैं? इनके यहाँ फूलों की खेती होती है? जहाँ कहीं भी शादी होती है, अच्छा काम होता ...
- यह क्या बात हो गई?...? क्या ऋषियों ने झूठ बोला? नहीं बेटे! ऋषियों ने झूठ नहीं बोला। प्राचीनकाल में जो वर्षा होती थी, उसके स...
- यह क्या बात हो गयी?...? हमने भी अपना गोल-मटोल शंकरजी बनाये थे और शालिग्राम जी बनाये थे, उन्होंने इसे चौड़ा वाला पत्थर बना दिय...
- यह क्या मामला है?...? 'अहं' है, जिसके मारे तना जा रहा है, ऐंठा जा रहा है, मरा जा रहा है, सड़ा ही जा रहा है, घुला ही जा रहा...
- यह क्या मामला है?...? शक्कर खाते-खाते महादेव जी के दाँतों में कैविटी हुई कि नहीं? दाँत खराब हुए कि नहीं हुए? ज्यादा शक्कर ...
- यह क्या लिए हुए है?...? यह भावना, आदर्श, उत्कृष्टता, पवित्रता, प्रखरता आदि लिए हुए है। गायत्री माता में क्या है? आदर्श है।...
- यह क्या ले आए?...? बेटे यह बैटरी है और यह क्या है? यह है—बिजली का करेंट। इसका क्या करेंगे? तेरे शरीर में करेंट छुआएँगे।...
- यह क्या वबाल है?...? वहाँ की फिजिक्स अलग है और पृथ्वी की फिजिक्स अलग है। आप तो भगवान के बात बताइए? कैसे बताऊँ भगवान की बा...
- यह क्या वात हुई, आप पैर को क्यों नहीं धोएँगे?...? आपको पैर भी धोना पड़ेगा। इस तरीके से अपने व्यक्तिगत जीवन को ही अच्छा बनाना पर्याप्त नहीं है। अपने कु...
- यह क्या शिक्षा देता है?...? छह नसीहतें देता है, जिन्हें यदि आप जीवन में उतार लें तो आपका बेड़ा पार हो सकता है। ये नसीहतें क्या ह...
- यह क्या शिक्षा देता है?...? छह नसीहतें देता है, जिन्हें यदि आप जीवन में उतार लें तो आपका बेड़ा पार हो सकता है। ये नसीहतें क्या है...
- यह क्या हुआ?...? यह पीपल का पेड़ हो गया, जिसकी बाबत गीताकार ने कहा है—ऊर्ध्वमूलमधः शाखमश्वत्थं--- ॥ गीता-१५/१ अर्थात ...
- यह क्या हुआ?...? यह अनर्थ कहलाया। पैसे को आपने ऐसे गलत कामों में खरच किया। मसलन—आपने शराब पी, किसी को नीचा दिखाने में...
- यह क्या हुआ?...? अनाज की विकृति हो गयी। आखिर भगवान है क्या? मित्रो! यह भक्ति नहीं है, जिसको लोगों ने भक्ति बना रखा है...
- यह क्या हुआ?...? कर्मयोग। काम करने में और कर्मयोग में यही फर्क होता है जो काम केवल शरीर से किया जाता है, थकान समझ...
- यह क्या हुआ?...? यह हमारी मालदारी है। पहले शिक्षा कहाँ थी? किताब वालों से पूछिये, वे बतायेंगे। पहले किताब वाले कहाँ थ...
- यह क्या हुआ?...? मिर्च तो यहाँ थी, फिर सबको खाँसी क्यों आ गयी? क्योंकि मिर्च वायुमण्डल में फैल गयी। मिर्च जली नहीं। फि...
- यह क्या हुआ?...? अरे साहब! २००० रुपया खर्च हो गया। लैला को उसका बाप २५ रुपया महीने जेब खर्च दिया करता था। १०-१५ रुपय...
- यह क्या हुआ?...? हम तो कुछ ऐसी बात सुनना चाहते थे जैसे कि स्वर्ग की बात, कुछ कहानियाँ, कुछ किस्से आदि। बेटे! कहानी-कि...
- यह क्या हुआ?...? यह हुई वेश्यावृत्ति। ये वेश्यावृत्ति होती है कि यहाँ से भी कुछ मिल जाए, वहाँ से भी कुछ मिल जाए, इससे...
- यह क्या हुआ?...? यह शुरुआत हुई। फिर आखिर में क्या हुआ? आखिर में यह हुआ कि वहाँ पर राजस्थान का वनस्थली बालिका विद्यालय...
- यह क्या हुआ?...? पारस को छू जाना हुआ। यह मेरा सौभाग्य है कि मैं पारस को छू गया। मैं कौन? लोहा। वसन्त मेरे जीवन में आ ...
- यह क्या है?...? यह है हमारा प्यार, मोहब्बत, जो हमने उन्हें दी है तथा उनसे हमने पायी है। गाँधी जी ने भी दिया था ए...
- यह क्या है?...? यह बहुत छोटा-सा तरीका है। इससे कोई संस्कृति नष्ट नहीं हो सकती, परम्पराएँ नष्ट नहीं हो सकतीं। व्यक्ति ...
- यह क्या है?...? पागलपन है, अज्ञानता है।
देवताओं के वरदान—सत्प्रवृत्तियाँ
मित्रो! देवता दैवी शक्तियों स...
- यह क्या है?...? यह एक टेक्निक है। मूर्तिकला छेनी-हथौड़े की सहायता से विकसित तो की जाती है, पर इसके पीछे अभ्यास होता ...
- यह क्या है?...? एकाग्रता की शक्ति है। जब यही शक्ति बाहरी जीवन में प्रयुक्त होती है तो टेलीस्कोप की तरह से देखने में ...
- यह क्या है?...? यज्ञ की परम्परा। परम्परा को हम जिन्दा रखना चाहते हैं। यज्ञ को हम इसके लिए नहीं छोड़ना चाहते कि शाखा चंद...
- यह क्या है?...? यह योगी का तरीका है। योगी माँगते नहीं हैं। योग में माँगने की गुंजाइश नहीं है, देने की गुंजाइश है। अत...
- यह क्या है?...? यह आपका स्वार्थ है अर्थात आपकी सच्ची स्वार्थ सिद्धि इसी में है। आपका प्रमोशन इसी में है। आपकी पदोन्न...
- यह क्या है?...? यह हमारे देखने का एक तरीका है, सोचने का एक ढंग है। यह हमारी एक दृष्टि है, जिसको हम स्वर्ग कहते हैं। ...
- यह क्या है?...? बेटे! यह दूसरी वाली शिक्षा है। यह है कि जो आग है, यज्ञाग्नि है, जिसकी हम पूजा करते हैं, फायर वर्शिप ...
- यह क्या है?...? समय को व्यर्थ गँवा रहे हैं। पैसे को व्यर्थ गँवा रहे हैं, जिससे किसी को न कोई नुकसान हो रहा है, न फाय...
- यह क्या है?...? ये हड्डियाँ हैं। अरे राम-राम! हड्डी से गायत्री मंत्र? अरे बेटे! यह तो रुद्राक्ष से जपा जाता है, हड्ड...
- यह क्या है?...? ‘ॐ भूर्भुवः स्वः’ की शिक्षा, जिसे मैंने आपसे निवेदन किया। इसी का नाम है—आस्तिकता।
आध्यात्म...
- यह क्या है?...? यह है मनोमय कोश की साधना, एकाग्रता की साधना। यह मनोमय कोश देवता है।...
- यह क्या है?...? शंकर है, शिव है। और शालिग्राम क्या हैं? शालिग्राम भी वही हैं। शालिग्राम की मान्यता अगर हमारे जीवन ...
- यह क्या है?...? हमारे तीन हिस्से हैं और हमारे यह हिस्से बेहतरीन किस्म के होने चाहिए। उनमें से एक हिस्सा हमारा स्थू...
- यह क्या है?...? यह सम्पदा कहाँ से आती है? यह सम्पदा मनुष्य के शरीर में भरी पड़ी है और भीतर दबी पड़ी है। यदि हम आदमी ...
- यह क्या है?...? यह लोभ और मोह है, जो मैंने अपने छोटे से खानदान में से खींचा और छोटे से खानदान में से निकाला। मेरा ...
- यह क्या है?...? आदमी का ‘अहम्’ है। ‘अहम्’ जितना ज्यादा सीमाबद्ध होता है और बढ़ा-चढ़ा होता है, आदमी उतना ही अधिक स्वा...
- यह क्या है?...? यह वह बात है जिसको आप चमत्कार कहते हैं। यह भौतिक जीवन का चमत्कार है। आध्यात्मिकता के चमत्कारों की तो...
- यह क्या है?...? एक सेकेण्ड का चमत्कार है। बदल डालें अपनी महत्त्वाकांक्षाएँ मित्रो! हमारी भौतिक महत्त्वाकांक्षाओं का ...
- यह क्या है?...? यह वह चीज है जो यज्ञ के ऊपर टिकी हुई है। रामायण यज्ञ की व्याख्या में लिखी गयी है। रामचन्द्र जी कहाँ ...
- यह क्या है?...? कुटुम्ब, इसमें आप बहुत बड़े-बड़े काम कर सकते हैं। आप अपने आपको लोक व्यवहार के बारे में जानकार बना सकते...
- यह क्या है?...? यह सब उसके स्वभाव के हिस्से बन जाते हैं।
मित्रो! यह सब आपके स्वभाव के हिस्से ऐसे बनने चाहिए...
- यह क्या है?...? यह बेटे, वाणी का तप है। वाणी का तप खाने में संयम बरतने को ही नहीं कहते, कम बोलने को ही नहीं कहते, वर...
- यह क्या है?...? खाली अलंकार है। दैत्य का तरीका क्या होना चाहिए? चेहरा कलंक की कालिमा से पुता हुआ। जिन्होंने जिन्दगी भ...
- यह क्या है?...? बेटे! यह भी आदमी का एक योगाभ्यास है और यह भी तपश्चर्या है। सहृदयता का होना, हृदयवान का होना।...
- यह क्या है?...? यह हमारी कब्र है। कब्र किसे कहते हैं? कब्र बेटे, गड्ढे को कहते हैं, जिसमें आदमी को दफन किया जाता है।...
- यह क्या है?...? यह हाथों की हेरा-फेरी है, वस्तुओं की उलटा-पलटी है। पैसों की उलटा-पलटी है। इस हेरा-फेरी का नाम लोगों ...
- यह क्या है?...? संकल्प है। मित्रो! यह योग का संकल्प है। जोड़ देने का संकल्प है। बबूले ने संकल्प किया कि अब हम अपना छ...
- यह क्या है?...? लकवा है। एक और भी लकवा होता है बेटे! जो दिखाई नहीं देता। उसका नाम है—आलस्य।
आलस्य अर्थात मानसिक शि...
- यह क्या है?...? यह सभ्यता है। सभ्यता—जिसमें एक व्यक्ति को चरित्रनिष्ठ और समाजनिष्ठ होना चाहिए। श्रेष्ठ और शालीन होना...
- यह क्या है?...? यह प्रायश्चित है।
मित्रो! पुण्य का संपादन यह है कि दुनिया में आपने जितनी भी गड़बड़ फैलाई है,...
- यह क्या है?...? यह सिर्फ एक घण्टे अध्ययन का चमत्कार है और इसके साथ में जुड़ा हुआ मनोयोग, इसके साथ में दिलचस्पी, इसके ...
- यह क्या है?...? संकल्प की शक्ति है। मन में जो संकल्प आया, जो प्रेरणा उनके मन में आई, बस, वो कर गुजरे। फिर उन्होंने क...
- यह क्या है?...? यह सुधार की आँखें हैं, सँभालने की आँखें हैं। पढ़ाने की आँखें हैं और शिक्षण की आँखें हैं, संस्कार देन...
- यह क्या है?...? बेटे ! जरा बताना?
यह उस व्यथा का, श्रद्धा का, करुणा का और सम्वेदना का बीज है, जो आपको यहाँ तक ले ...
- यह क्या है?...? यह अन्दर की सम्वेदना है और भावनाएँ हैं। सेवा की भावना है। गुरुजी ने भी यही किया था। एक हरिजन महिला थ...
- यह क्या है?...? जिसके कारण आप दुनिया के सारे आनन्द ले रहे हैं? चौरासी लाख योनियों में सर्वश्रेष्ठ राजकुमार की तर...
- यह क्या है?...? ’’ तो गुरुजी ने कहा, ‘‘माताजी के इसी दिव्य प्रकाश और शक्ति से शान्तिकुञ्ज और युग निर्माण योजना संचाल...
- यह क्या है?...? रेपिटिशन जिसे बार-बार करना पड़ता है। मिलिट्री वाले लेफ्ट-राइट और कवायद के रूप में रोज रियाज करते रहते...
- यह क्या है?...? ’’ तो गुरुजी ने कहा, ‘‘माताजी के इसी दिव्य प्रकाश और शक्ति से शान्तिकुञ्ज और युग निर्माण योजना संच...
- यह क्या है?...? ये भी गलतियाँ हैं। व्यक्तिगत जीवन में आपके गुण, कर्म और स्वभाव सम्बन्धी गलतियों क्या हुई और क्राइम-अपर...
- यह क्या है?...? यह ऋषियों की वाणी है और यह वो अध्यात्म है, जिसमें भगवान ने कहा है कि यदि इनसानों से आप ऊँचा उठना चाह...
- यह क्या है?...? यह है हमारा प्यार, मोहब्बत, जो हमने उन्हें दी है तथा उनसे हमने पाई है। गाँधी जी ने भी दिया था एवं उन...
- यह क्या है?...? गुरु जी का बरतन पकाने का आँवा है। कुम्हार को आप जानते हैं, वह बरतन बनाता है और बनाने के बाद में कच्च...
- यह क्या है?...? आँखों का फर्क है जो आपको दिखाई नहीं देता कि क्या हो रहा है? गूलर के फूल के बीच में बन्द रहने वाले भुन...
- यह क्या है?...? सिद्धान्त है। उनके मस्तक पर चन्द्रमा टिका हुआ है अर्थात वे मानसिक सन्तुलन बनाए हुए हैं। भूत प्रेतों को...
- यह क्या है?...? भारतीय सभ्यता थी। ऐसी संस्कृति थी भारत की, जिसका मूल था गायत्री मंत्र, गायत्री माता जिसे हम भूल गए। ...
- यह क्या है?...? भगवान की बिना माँगे की सहायता है। बिना माँगे को अकल, बिना माँगे के इशारे, बिना माँगे का सहयोग फूलों...
- यह क्या है?...? यह बहुत छोटा सा तरीका है। इससे कोई संस्कृति नष्ट नहीं हो सकती, परम्पराएँ नष्ट नहीं हो सकतीं। व्यक्ति ...
- यह क्या है?...? यह एक टेक्निक है। मूर्तिकला छेनी हथौड़े की सहायता से विकसित तो को जाती है, पर इसके पीछे अभ्यास होता ...
- यह क्या है?...? पागलपन है, अज्ञानता है। देवताओं के वरदान-सत्प्रवृत्तियाँ मित्रो! देवता दैवी शक्तियों से भरे हुए, दिव...
- यह क्या है?...? यह है-यज्ञोपवीत और शिखा। शिखा और यज्ञोपवीत क्या हैं? बताइए। ये हैं हमारे गायत्री मंत्र और यज्ञ। ये द...
- यह क्या है?...? डिसीप्लीन है। साधना के माध्यम से हम अपने व्यावहारिक जीवन को किस तरीके से अनुशासित रूप दे सकते हैं, क...
- यह क्या है?...? यज्ञ की परम्परा। परम्परा को हम जिन्दा रखना चाहते हैं। यज्ञ को हम इसके लिए नहीं छोड़ना चाहते कि शाखा चंदा...
- यह क्या है?...? साहब! यह चबूतरा है। किसका चबूतरा है? पिताजी का बना रखा है। कहाँ बना रखा है? खुले में बना रखा है। छाय...
- यह क्या है?...? एकाग्रता की शक्ति है। जब यही शक्ति बाहरी जीवन में प्रयुक्त होती है तो टेलीस्कोप की तरह से देखने में ...
- यह क्या है?...? छोटी चीज है रत्तीभर चीज है। न इसमें किसी को घमंड करने की जरूरत है और न सफलता प्राप्त करने की जरूरत ह...
- यह क्या है?...? बेटे! यह दूसरी वाली शिक्षा है। यह है कि जो आग है, यज्ञाग्नि है जिसकी हम पूजा करते हैं, फायर वर्शिप क...
- यह क्या है?...? अग्नि की, यज्ञ की शिक्षा है। अग्नि बेटे! साम्यवादी-है, और ये सब कम्यूनिस्ट हैं।नहीं साहब! कम्युनिस्ट...
- यह क्या है?...? सिद्धान्त है, आदर्श है और वरदान है। इससे कम में न किसी को वरदान मिला है और न इससे ज्यादा में किसी को...
- यह क्या है?...? यह है गायत्री मंत्र। हमें दो बार संध्या करनी चाहिए। मुसलमान पाँच बार नमाज पढ़ते हैं। आप मनमर्जी नहीं ...
- यह क्या है?...? यह उपासना का कल्पवृक्ष है।महाराज जी! आप तो पुराने जमाने की बात कह रहे हैं। नहीं बेटे पुराने जमाने की...
- यह क्या है?...? यह है—यज्ञोपवीत और शिखा। शिखा और यज्ञोपवीत क्या है? बताइए। ये हैं हमारे गायत्री मंत्र और यज्ञ। ये दो...
- यह क्या है?...? प्रतीक है।आइए हम और आप अब प्रतीक की उस गहराई में प्रवेश करें, जिसके लिए उक्त तीनों प्रतीक बनाये गये ...
- यह क्या है?...? यही नैवेद्य है। पूजा में आप चावल चढ़ाते हैं भगवान के ऊपर, जिसका अर्थ होता है—अपनी कमाई का एक हिस्सा भ...
- यह क्या है?...? ये तपाने का परिणाम। आयुर्वेद में भस्में बनती हैं। उसमें क्या करना पड़ता है? अभ्रक भस्म, लोहा भस्म, सो...
- यह क्या है?...? इमरजेंसी। साँप काट खाये किसी को, मौत सामने खड़ी है; किसी को बन्दूक की गोली लग गई है, आधा घण्टे में उस...
- यह क्या है?...? भगवान् की बिना माँगे की सहायता है। बिना माँगे की अकल, बिना माँगे के इशारे, बिना माँगे का सहयोग फूलों...
- यह क्या है?...? यह इनसान का अभ्यास क्रम है, जिसे शरीर-तंत्र पूरी तरह ग्रहण कर लेता है। हमें आप एक बजे सुला दीजिये, ह...
- यह क्या है?...? यह प्रयोग पुरुषार्थ है। आपको मालूम नहीं है, तप करने और पुरुषार्थ करने से आदमी भौतिक जीवन में और आध्य...
- यह क्या है?...? यह हमारा अन्दर वाला सन्त है; यह हमारा महामानव है, जिसको रहा नहीं जाता है। महामानव उसे कहते हैं, जो स...
- यह क्या है?...? उज्ज्वल भविष्य की सम्भावनाएँ हैं—शिलान्यास के रूप में, अंकुर पैदा होने के रूप में, बच्चा पैदा होने क...
- यह क्या है?...? मित्रो! यह अनीति है, भ्रष्टाचार और अन्याय है, दुष्टता है, अत्याचार है। जिस दिन ये चीजें समाज का अंग ...
- यह क्या है?...? मित्रो! यह है चेतना जो हर चीज में काम करती है।प्राणियों में भी यही बात है। वसन्त से होली तक के ४० दिन...
- यह क्या है?...? आँखों का फर्क है जो आपको दिखाई नहीं देता कि क्या हो रहा है? गूलर के फूल के बीच में बन्द रहने वाले भि...
- यह क्या हैं?...? यह अवतार की प्रक्रिया है। देवदक्षिणा के माध्यम से अवतार की प्रक्रिया एवं आस्था का सम्वर्द्धन तथा अनाच...
- यह क्या हो रहा है?...? वेल्डिंग हो रही है। वेल्डिंग में लोहा गरम हो करके आपस मे इतना चिपक जाता है कि उसे हाथ से अलग नहीं ...
- यह क्या हो क्या?...? यह सिद्धियाँ हो गई। सिद्धियों में हम चार चीजें शुमार करते हैं---(१) धन, (२) लोगों का प्यार, (३) बुद्...
- यह क्या हो गया है?...? हमारे दिमाग में यह बुखार के रूप में आता है। इस बुखार की कोई दवाई है क्या आपके पास? शारीरिक बुखार की ...
- यह क्या हो गया?...? यह है हमारा ‘बोया एवं काटा’ का सिद्धान्त। यह है हमारी आराधना-समाज के लिए, भगवान् के लिए।मित्रो, हम...
- यह क्या हो गया?...? बेटे, सड़न पैदा हो गई।
अध्यात्म का विस्तार करने की दृष्टि से छोटा-सा आश्रम, मन्दिर जिसके उद्घा...
- यह क्या हो गया?...? यह गायत्री उपासना है, जिसके आधार पर हम जवान औरतों को, दूसरी स्त्रियों को यह समझकर चलते हैं कि यह हमा...
- यह क्या हो गया?...? पाँच सी०सी० दूध इतना होता है—एक-दो चम्मच के बराबर। पता चला कि दो चम्मच दूध आपके पेट में सूक्ष्म रूप ...
- यह क्या हो गया?...? शब्दों का गुच्छा हो गया। यह जरूरी नहीं कि संस्कृत में ही शब्द बोले जाएँ, मंत्र बोले जाएँ। अन्य देशों...
- यह क्या हो गया?...? इनकी मौत हो गयी। कैसे? राजा हरिश्चन्द्र ड्रामा चल रहा था, तभी उनके बेटे की मौत हो गयी। सब रोने लगे औ...
- यह क्या हो गया?...? हमारा अध्यात्म नास्तिकवादी हो गया, जिस पर हम और आप विश्वास करने लगे। यह नास्तिकवादी अध्यात्म है, जिस...
- यह क्या हो गया?...? जब संस्कृति की सीता चली गई और वापस नहीं आई तो हरेक को इसके लिए तैयार रहना चाहिए। किसके लिए? बेटा नील...
- यह क्या हो गया?...? ज्ञान हो गया। ज्ञानयोग क्या है? ज्ञानयोग यह है कि हम पूर्णता को कैसे प्राप्त कर सकते हैं। कषाय क...
- यह क्या हो गया?...? यह हो गया शंकर जी के सिर पर स्थित चन्द्रमा और गंगा की प्रेरणा और शिक्षा। तीसरा नेत्र अच्छा साहब! अ...
- यह क्या हो गया?...? हमने अपनापन समेट लिया। जायका खत्म हो गया। यह हमारापन था-अपनापन था, जिसको हम भावनाएँ कहते हैं, संव...
- यह क्या हो गया?...? यह आ गयी बाढ़ और आ गया भूकंप, जिससे सब मटियामेट हो गया। अब ईश्वर नाम की कोई चीज नहीं बची। ईश्वर स्त...
- यह क्या हो गया?...? हमने जो रामकथा लिखी थी, उस वक्त इसका तो हमें ख्वाब भी न था और हमने सपने में भी न सोचा था और देखा थ...
- यह क्या हो गया?...? जादू हो गया। हम आपको एक और जादू बता सकते है। हाँ साहब! बताइये? अच्छा, देख! पच्चीस पैसे का एक हनु...
- यह क्या हो गया?...? पहले वही हमारा जमाई था, लेकिन अब हमने उसे पराया मान लिया। पराया मान लेने से अपने सारे सम्बन्धी पराये...
- यह क्या हो गया?...? दिमागी बीमारी है। दिमागी बीमारियाँ इस कदर फैली पड़ी हैं कि मैं आपसे क्या कहूँ?मित्रो! आदमी एक तरह से ...
- यह क्या हो गया?...? मैंने तो इसलिए किताब छापी थी, ताकि लोग उसकी वास्तविक फिलॉसफी समझ सकें। लेकिन यह क्या? सब उल्टा हो गय...
- यह क्या हो गया?...? राम और भरत की कथा हम पढ़ते हैं, सुनते हैं। राम और भरत का चित्रकूट में मिलन हम पढ़ते हैं। छाती-से मिल...
- यह क्या हो गया?...? राम और भरत की कथा हम पढ़ते हैं, सुनते हैं। राम और भरत का चित्रकूट में मिलन हम पढ़ते हैं। छाती-से मिल...
- यह क्या हो गया?...? तो भगवान बोले—अरे बेटा! तू भी वरदान माँग ले। तू क्यों परेशान हो रहा है? तू क्यों दुःखी होता है? तेरा...
- यह क्या हो गया?...? आत्मा का विस्तार। आत्मा का विस्तार यही है जिसको कि हम आध्यात्मिक उन्नति के नाम से पुकारते हैं, आत्मि...
- यह क्या हो गया?...? यह है हमारा ''बोया एवं काटा'' का सिद्धान्त। यह है हमारी आराधना समाज के लिए भगवान के लिए।मित्रो, हमने ...
- यह क्या हो गया?...? बेटे, सड़न पैदा हो गई।अध्यात्म का विस्तार करने की दृष्टि से छोटा सा आश्रम, मन्दिर जिसके उद्घाटन के लि...
- यह क्या हो गया?...? पुराने इतिहास और नए इतिहास में क्या फर्क पड़ गया? हम बनाएँगे नया वातावरण मित्रो जो हवा थी, वातावरण थ...
- यह क्या हो गया?...? जब संस्कृति की सीता चली गई और वापस नहीं आई तो हरेक को इसके लिए तैयार रहना चाहिए। किसके लिए? बेटा नील...
- यह क्या हो गया?...? इसमें यह बात बताई गई है कि गायत्री का पारंगत कौन आदमी था? गायत्री का अध्ययन किसने किया था, गायत्री क...
- यह क्या हो गया?...? यह सिद्धियाँ हो गयीं। सिद्धियों में हम चार चीजें शुमार करते हैं—(1) धन, (2) लोगों का प्यार, (3) बुद्...
- यह क्या हो रहा है?...? उन्होंने विचार किया कि मेरा भक्त पाप के इस पंक में डूबेगा तो हजार जन्म में भी मुझ तक नहीं पहुँच सकेग...
- यह क्या हो रहा है?...? अरे महाराज जी! देखिए तो सही, चेला किसे कहते हैं? हाँ बेटे! दिखा, क्या दिखाएगा? बस, सावन भर शंकर भगवा...
- यह क्या हो रहा है?...? बेटे! शक्तिपात हो रहा है। इसी को तू शक्तिपात कह रहा था ना? अरे बेवकूफ! शक्तिपात जीवात्मा में होता है...
- यह क्या हो रहा है?...? क्या हो रहा है—अरे ! हमारे पास जो धरोहर थी, शक्ति थी, वह सब कुछ दे करके हम जा रहे हैं। हमारे पास जो ...
- यह क्या हो रहा है?...? यह मैं योग की व्याख्या कर रहा हूँ। आप जिस उद्देश्य के लिए, जिस उद्देश्य को पूरा करने के लिए यहाँ आए ...
- यह क्या हो रहा है?...? ऐसा क्यों दिख रहा है?’’ पुनः उन्हीं दृश्यों की फिर पुनरावृत्ति हुई। फिर तीसरी बार भी हुई। आँखें खोली...
- यह क्या होता है?...? जो मनुष्य अपनी जिन्दगी एवं जिन्दगी की कमाई को लोकमंगल में अर्पित कर देता है, वह नरमेध यज्ञ कर लेता ह...
- यह क्या होने जा रहा है?...? यह संयुक्त प्रणाली का सत्यानाश होने जा रहा है। आज सामाजिक सहयोग-सहकार का वातावरण समाप्त होता जा रह...
- यह क्यों करता रहा?...? मौत तो होनी ही है। उसको जब मौत याद आई, तो वह बार-बार यही बोला, मरते वक्त मेरे दोनों हाथ ताबूत से बाह...
- यह क्यों कहता हूँ?...? प्रतीकों का कई बार मजाक उड़ाता हूँ क्यों? प्रतीकों का मजाक मैं इसलिए उड़ाता हूँ कि प्रतीकों के बारे मे...
- यह क्यों किया करते हैं, आपने पिताजी से पूछा कि नहीं?...? गुरुजी ! हमने तो नहीं पूछा। उन्होंने कह दिया, सो हमने कर दिया। नहीं बेटे, सवाल पूछो कि यह क्या बात ह...
- यह क्यों किया करते हैं, आपने पिताजी से पूछा कि नहीं?...? गुरुजी! हमने तो नहीं पूछा। उन्होंने कह दिया, सो हमने कर दिया। नहीं बेटे, सवाल पूछो कि यह क्या बात है...
- यह क्यों किया?...? क्या उसके रिश्तेदार थे? नहीं मित्रो! यह इनसान का नेचर है। इनसान के अन्दर एक इनसान दिल होता है। जिसे ...
- यह क्यों नहीं करते हैं आप?...? आपकी सन्तान नहीं है तो क्या हुआ, भाई के तो हैं। उनका पालन आप क्यों नहीं करते हैं? आपका वंश डूबता है, ...
- यह क्यों है?...? बेटे! बालकों की गायत्री है, बालकों की साधना है। अब हम आपको जवानों की, दार्शनिकों की, विचारशीलों की ग...
- यह क्यों होता है?...? बेटे हमारी मोहब्बत और प्यार तुम्हें खींचकर यहाँ ले आता है। गुरुजी! मेरा तो एकदम मन नहीं था, परन्तु एक...
- यह क्यों होता है?...? इसलिए कि जब प्राण आता है तब गड़बड़ और हलचल पैदा होती है। मुर्गी के अण्डे के अन्दर जब कलेवर आता है, चुपचा...
- यह क्योंकर बन गयी?...? इसका उत्तर लीवर गिराकर पटरियाँ जोड़ने वाला प्वाइंटमैन हर किसी को आसानी से समझा सकता है कि एक समय के उ...
- यह क्रियाओं से कैसे पूरा हो जाएगा?...? यह आन्तरिक कायाकल्प है। इसलिए आपको अपनी मनःस्थिति को, चिन्तन को, अपने विचारों को, आस्थाओं को, दृष्टिको...
- यह खाई रावण, कंस, हिरण्यकश्यपु, सिकन्दर, नेपोलियन जैसे महाप्रतापियों से नहीं पटी तो बेचारे क्षुद्रजनों से उसे पूरा करना और व्यस्तता से छुटकारा पा सकना सम्भव ही कैसे हो सकता है?...? निर्वाह की गुत्थी सुलझाने के ऐसे उपाय हैं। परिवार को सुसंस्कारी बनाने भर की आवश्यकता हो तो इसके ९९९ ...
- यह खाएँगे क्या?...? रहेंगे कहाँ? इन दिनों सब विपत्तियों-विभीषिकाओं से विषाक्त वायुमण्डल धरती को नरक बना देगा। जिस हवा मे...
- यह खिलवाड़ क्या है?...? यह है कला। चलिए अब मैं आपके खिलवाड़ की बुराई करूँगा। यह कला है। कला किसे कहते हैं? कला कहते हैं बाजीग...
- यह खुदगर्जी कैसे आई?...? एक सती का उदाहरण देती हूँ। सती का कौन होता है? सती का वह होता है कि जिस दिन से अपने पति के घर में आत...
- यह खुशहाली किस तरीके से आ गयी?...? यह सारा का सारा देश बौद्ध है। एक ही देश दुनिया में है जो विशुद्ध रूप से बौद्ध है। आपको दुनिया की त...
- यह गुड़ गोबर किस कारण हुआ?...? धर्म की आत्मा अपने स्थान से क्यों पदच्युत हुई और उसके स्थान पर अवांछनीयता कैसे आ विराजी? लोगों ने धर...
- यह गोली कौन सी है?...? बेटे, यह अफीम की है। शान्ति के लिए तू गाँजा भी ले ले, शराब भी पी ले, इससे शान्ति मिल जायेगी। नही...
- यह घटना हमें क्या सिखाती है?...? यह हमें सिखाती है कि इनसान संकल्प तो करके देखे, निश्चय तो करके देखे, विश्वास तो करके देखे फिर हमसे...
- यह घटना हमें क्या सिखाती है?...? यह हमें सिखाती है कि इनसान संकल्प तो करके देखे, निश्चय तो करके देखे, विश्वास तो करके देखे फिर हमसे क...
- यह घृणित जीवन नरक नहीं है तो और क्या है?...? सेवाभावी, सद्गुणी, सन्त सज्जन धरती के देवता समझे जाते हैं और मरने के बाद भी वन्दनीय, श्रद्धास्पद ही ...
- यह घड़ी कितने रुपये की है?...? अरे साहब! यह तो साढ़े नवासी रुपये की है। इसमें कितने बजे हुए हैं? अभी देखती हूँ। इसमें तो साढ़े बत्तीस...
- यह चक्कर क्या है?...? मैं बहुत देर तक देखता रहा, लेकिन समझ में नहीं आया। फिर मैंने उस लड़की से पूछा कि यह गायत्री मंत्र कौ...
- यह चक्कर क्या है?...? मैं बहुत देर तक देखता रहा, लेकिन समझ में नहीं आया। फिर मैंने उस लड़की से पूछा कि यह गायत्री मंत्र कौन...
- यह चमत्कार है कोई?...? कोई चमत्कार नहीं है। यह हाथों का खेल है, चाहे बालू निकाल दो और चाहे लौंग निकाल दो। क्या हुआ लौंग निक...
- यह चरण नम्बर एक है ज्ञान का और चरण नम्बर-दो?...? आपके भीतर से जब ज्ञान की धारा उदय होगी, तो दो चीजें आपके सामने खड़ी हो जायेंगी। रोटी भी जरूरी है,...
- यह चूना कितने दाम का हो सकता है?...? यह तीन आने का हो सकता है। हड्डियों में लोहा कितना है? इसमें से एक बड़ी कील बनाने लायक लोहा मिल सकता ...
- यह चूना कितने दाम का हो सकता है?...? यह पच्चीस पैसे का हो सकता है। हड्डियों में लोहा कितना है? इसमें से एक बड़ी कील बनाने लायक लोहा मिल सक...
- यह जमीन का स्वर्ग है, जिसका नाम गृहस्थ है, अगर बनाने वाला हो तो?...? परन्तु अगर आपने औरत को बना दिया बाघिन तथा बच्चों को बना दिया डकैत, माँ को शाप देने वाली चुड़ैल तथा भा...
- यह जमीन कितने पैसे में खरीदी है?...? जिस सड़क पर चलते हैं, उस सड़क को कितने पैसे में खरीदी है? जिस गंगा जी में नहा करके आये हैं, उसे कितन...
- यह जवान औरत आई है, कहीं कोई गड़बड़ न फैला दे, तो आप तो ब्याह कर रहे थे?...? हाँ, हम ब्याह कर रहे थे, लेकिन हमसे गलती हो गई। अब हम क्या कर सकते हैं? आपके पास शक्ति का अभाव है। आ...
- यह जादू कहाँ से आया?...? उनकी आँखों में था।
मित्रो! उनकी आँखों में जादू कहाँ से आ गया? यह उनके संयम की वृत्तियाँ थीं। असं...
- यह जानकारी अगर आपको हो जाय, तो क्या कोई फायदा आपको मिल सकता है?...? च्यवनप्राश का एक डिब्बा आप ले आयें और ऊपर रख दें। उसकी पूजा कर लें, आरती उतार लें, तो उस च्यवनप्रा...
- यह जिन्दगी क्या है?...? यह जिन्दगी एक यज्ञ है। छोटे से छोटे एवं बड़े से बड़े यज्ञों, हवनों में हम यज्ञ की परिक्रमा लगाते हैं। य...
- यह जिम्मेदारी किसकी है?...? यह जिम्मेदारी नर की है, नारी की नहीं। नारी को यदि ऊँचा उठाया जाए, तो जिस तरीके से आप काम करते हैं, व...
- यह जीव-जन्तु क्या तुम्हारे अपने नहीं?...? फिर सूनापन कैसा? हमारी यात्रा चलती रही। साथ-साथ चिन्तन भी चलता रहा। एकाकी रहने में मन पर दबाव पड़ता ह...
- यह जीवात्मा है, तो कभी इस पर झुँझलाहट भी आती है कि क्या है यह शरीर का बन्धन?...? जब सूक्ष्म में मिल जाते हैं तो कुछ नहीं होता। न कोई शरीर की आवश्यकता है न किसी चोले की। केवल एक ही ह...
- यह जो आप तलवार घुमाते हैं, वह किसलिए घुमाते हैं?...? उससे क्या फायदा है? उन्होंने कहा—मैं तलवार चलाने का अभ्यास कर रहा हूँ। क्यों अभ्यास कर रहे हैं? इसलि...
- यह जो एक मशाल हाथ में ली हुई है, वह किसका हाथ है?...? हमारे भगवान का हाथ है, महाकाल का हाथ है। उसके पीछे छोटे-छोटे रीछ और वानर हम और आप खड़े हुए हैं। ज्ञा...
- यह जो एक मशाल हाथ में ली हुई है, वह किसका हाथ है?...? हमारे भगवान का हाथ है, महाकाल का हाथ है। उसके पीछे छोटे-छोटे रीछ और वानर, हम और आप खड़े हुए हैं। ज्ञा...
- यह जो तू कह रहा है, इसको कार्यान्वित कैसे किया जाएगा, यह भी तुझे मालूम है?...? नहीं साहब! हमें क्या मालूम है। हमने तो जीभ से कह दिया। एक पण्डित जी ने बता दिया था कि यह-यह कहते रहना...
- यह जो तू कह रहा है, इसको कार्यान्वित कैसे किया जाएगा, यह भी तुझे मालूम है?...? नहीं साहब! हमें क्या मालूम है। हमने को जीभ से कह दिया। एक पण्डित जी ने बता दिया था कि यह-यह कहते रहना...
- यह जो दूर पर पहाड़ दिखाई देता है न?...? हाँ महाराज जी! बेटे! उस पहाड़ की चोटी पर भगवान दिखाई पड़ेगा। चलिए, मैं तो तैयार हूँ। चोर तैयार हो गय...
- यह जो दूर पर पहाड़ दिखाई देता है न?...? हाँ महाराज जी! बेटे! उस पहाड़ की चोटी पर भगवान दिखाई पड़ेगा। चलिए मैं तो तैयार हूँ। चोर तैयार हो गया। ...
- यह जो पुरश्चरण हो रहा है, उससे क्या फायदा होगा?...? पुरश्चरण से कई फायदे होंगे। एक फायदा तो अभी हमने आपको बताया है कि इससे वातावरण का संशोधन होगा। एक फा...
- यह जो पुरश्चरण हो रहा है, उससे क्या फायदा होगा?...? पुरश्चरण से कई फायदे होंगे। एक फायदा तो अभी हमने आपको बताया है कि इससे वातावरण का संशोधन होगा। एक फा...
- यह जो युगसन्धि के दिन हैं, इसमें अनेक काम पूरे करने के लिए हमें सौंपे गये हैं और उन सौंपे गए कामों को क्या हम अकेले पूरा कर लेंगे?...? यह कहना जरा मुश्किल है क्योंकि रामचन्द्र जी ने रावण को मारा था, तब अकेले उन्होंने मारा हो तो बात कहा...
- यह जो सेंट लगाते रहते हैं, यह किसलिए लगाते हैं?...? इसलिए कि इस शरीर से चौबीस घण्टे जो बदबू निकलती रहती है, उस बदबू का किसी को पता न चले और यह बदबू खुशबू...
- यह ज्ञान आपने सीखा है कि नहीं सीखा?...? आप जो कमाकर लाए थे, उसमें से अपनी बीबी के लिए खरच किया कि नहीं? आपने माँ के लिए खरच किया कि नहीं किय...
- यह ज्ञान की शक्ति, विद्या की शक्ति का अवतरण कब धरती पर हुआ?...? यह हम देखते हैं तो पाते हैं कि सृष्टि के प्रारम्भ में आकाशवाणी हुई थी व ब्रह्माजी को यह कहा गया था क...
- यह टेक्नीक है, आप सुनते क्यों नहीं हैं?...? यह टेक्नीक है। हाँ साहब! टेक्नीक ही काम आती है। डाक्टर टेक्नीक ही काम लेते हैं। क्या टेक्नीक काम लेत...
- यह डकैती या चोरी नहीं है, तो क्या है?...? उठाईगीरी नहीं है, तो क्या है?
मित्रो! हम कुटुम्ब में रह करके, परिवार में रह करके ही सीखते हैं कि ...
- यह डिब्बी कितने पैसे की है?...? दस आने की है। अँगूठी कितने रुपये की है? साढ़े छह सौ रुपये की है। डिब्बी को देखकर आप यह ख्याल करते है...
- यह डिब्बी कितने पैसे की है?...? दो रुपए की है। अँगूठी कितने रुपए की है? चार हजार रुपए की है। डिब्बी को देखकर आप यह ख्याल करते हैं कि...
- यह तक तो हमें मालूम नहीं है, फिर भविष्य का क्या पता?...? कुछ पता नहीं। आज- कल तनिक- तनिक से सुख के लिए लोग अपना भविष्य किस बुरी तरीके से बरबाद करते जा रहे ...
- यह तथ्य बताते है कि देवत्व की भूल शक्ति कितनी प्रबल और प्रचंड है?...? अस्तु, देवताओं की पराजय अस्थायी ही होती है, उसका निराकरण जल्दी ही हो जाता है। देवासुर संग्राम के कथा...
- यह तब फायदा देंगी, जब आप हमारे साथ घुलेंगे-मिलेंगे अगर आप दूर-दूर रहेंगे, तो बात कैसे बनेगी?...? दूर रहने से काम नहीं बनेगा, आपको हमारे पास आना पड़ेगा। पास आने का केवल यही मतलब नहीं है कि आप शान्त...
- यह ताकत उनमें कहाँ से आई?...? संयम से। आपको भी जरूरत है संयम की। आप सभी संयम की दवाई खाइए। यह दवाई शंकराचार्य, भीष्म पितामह, हनु...
- यह ताकत कहाँ से आई?...? यह बेटे! कलाइयों की ताकत है, हिम्मत की ताकत है और यह हमारे आत्मबल की ताकत है। यह जो ताकत है, इसको हम...
- यह ताकत कहाँ से आती है?...? कहीं से आए, चाहे घी खा करके आए, चाहे व्यायाम करके आए, कहीं से आए, कहीं न कहीं से इकट्ठी करनी पड़ती ह...
- यह ताकत कहाँ से आती है?...? एटम में से आती है? एटम में से नहीं आती है, बेटे। साधना से आती है। साधना से ताकत को उभारा, ताकत को नि...
- यह ताकत कहाँ से आती है?...? एटम में से आती है? एटम में से नहीं आती है, बेटे, साधना से आती है। साधना से ताकत को उभारा, ताकत को नि...
- यह तीर्थयात्रा क्या होती है?...? तीर्थयात्रा कहते हैं—धर्मप्रचार की पदयात्रा को। तीर्थयात्रा का अर्थ है—गाँव-गाँव घूमना, जगह-जगह जाना...
- यह तो अपने ध्यान की सुविधा के लिए, पूजा की सुविधा के लिए गढ़ी हैं?...? नहीं, गायत्री के पाँच मुँह हैं। नहीं भाई साहब! बिलकुल नहीं हैं। तो फिर क्या हैं? यह हमने गढ़ी है।...
- यह तो आप अपने गुरु की बता रहे हैं तो फिर आपकी उम्र कहाँ रही?...? बेटे, हमारी उम्र बहुत बड़ी है।70 वर्ष उम्र होने को आई, पर सही बात यह है कि 70 साल हमारी उम्र नहीं है।...
- यह तो आप कर सकते हैं?...? बस मनोकामना पूरी हो गयी। सिकन्दर चुपचाप बैठ गया और थोड़ी देर बाद वहाँ से चला गया। विशेष उद्देश्य से ब...
- यह तो आपकी स्वार्थ सिद्धि है, लेकिन भगवान की?...? भगवान से इसका कोई ताल्लुक नहीं है। आप इसे पा लेंगे तो ठीक है। यह आपकी खुशी होगी, लेकिन भगवान का एक क...
- यह तो केवल विचार हुआ?...? ज्ञान कहते हैं विचार करने को और कर्मयोग कहते हैं काम करने को। काम करने में क्या करना है? आप स्नान कर...
- यह तो जानते हैं न?...? उन्होंने एक टाँग पर खड़े होकर ध्यान लगाया था? पूजा की थी? नहीं केवल उन्होंने यह किया था और यह कहा था—...
- यह तो ठीक है कि आपने मुझे नकल करने के लिए संकेत किया था, पर भगवान् तो सब जगह मौजूद हैं, कोई स्थान उनसे खाली नहीं, इसलिए नकल कैसे करता?...? ऐसी सच्ची बात सुनकर अध्यापक को रोमांच हो आया। उसने बालक को पास बुलाया और आशीर्वाद दिया कि एक दिन संस...
- यह तो बच्चा आ गया, भगवान कहाँ आया?...? यह तो खाना माँगता है, लेकिन भगवान तो दुनिया को खिलाता था। यह तो जब पेट में भूख लगती है, तो हाय-हाय म...
- यह तो बहुत ठीक है, हम क्यों स्कूल जाने लगें?...? क्यों किताब खरीदेंगे? क्यों मास्टर के पास जाएँगे? क्यों 6 घण्टे जगेंगे? सरस्वती देवी का मंत्र जपेंगे ...
- यह तो बहुत दिन चल जाता होगा?...? हाँ महाराज जी, इसके अलावा और कमी हो तो मुझसे कहिए।
उपासना में मन को लगाइए
हाँ बेटे, ...
- यह तो बड़े शर्म की बात है और उनके सामने नाक नीची करने से क्या फायदा?...? यहीं रहना चाहिए। भगवान् जी बेट द्वारिका में रहने लगे। पशोपेश में भगवान् मित्रो! लोगों को जब यह पता...
- यह तो भगवान श्री नारद जी ने कहा था—तेरे भगवान पैदा होगा, तो यह कहाँ भगवान हैं?...? तो उन्होंने कहा—ले देख! विश्वास कर बचपन में हँसते हुए अपना मुँह खोल के दिखाया—मैं नहीं हूँ भगवान। यह...
- यह तो शरीर की क्रिया है?...? भगवान शरीर नहीं है, शक्ति नहीं है, जप नहीं है। भगवान चेतन है और हमारी जीवात्मा चेतन है। चेतना को च...
- यह तो स्वयं ही समझना है कि हमें क्या करना चाहिए, क्या खाना चाहिए और कैसे रहना चाहिए?...? अगर यह बातें समझ में आ जाएँगी तब हमारे स्वास्थ्य की समस्या का समाधान हो जाएगा। जनता के मन में यदि एक...
- यह तो स्वयं ही समझना होगा कि हमें क्या करना चाहिए, क्या खाना चाहिए और कैसे रहना चाहिए?...? अगर यह बातें समझ में आ जाएँगी तब हमारे स्वास्थ्य की समस्या का समाधान हो जाएगा।...
- यह तो हमारे अन्दर-बाहर एक होने के लिए तो आतुर है, पर घुसे कैसे?...? हमने प्रवेश-निषेध की तख्ती जो लगा रखी है। प्रवेश निषेध की तख्ती और कुछ नहीं—निष्ठुरता है, जिसके हटते...
- यह दर्शन क्या है?...? इसका नाम है—आस्तिकता। आस्तिकता का क्या अर्थ होता है? आस्तिकता से क्या मतलब है? दुनिया में आस्तिकता क...
- यह दासता नहीं तो और क्या है?...? मैं तो इसे पुरुष बर्बरता की क्रूर निशानी कहूँगा।"
अभी पिछले दिनों तक स्त्रियों की चोरी तक की जाती...
- यह दिव्यदृष्टि क्या थी?...? मित्रो! हमारे भीतर बहुत सारी चीजें फिट हैं। इतनी ज्यादा फिट हैं कि हम उनका वर्णन नहीं कर सकते हैं। अ...
- यह दीर्घजीवन कैसे मिला?...? यह खान-पान से हुआ था, यह भी ठीक है। यह संयम से सम्भव हुआ था, यह भी ठीक है, परन्तु एक चीज इससे भी आगे क...
- यह दुखदाई दुर्भाग्य क्यों कर आँखों के सामने खड़ा रहता है?...? यह हटाए क्यों नहीं हटता? श्रेय सौभाग्य से व्यक्ति, ईश्वर, समाज सबको क्यों वंचित रह जाना पड़ता है? ऐत...
- यह दुमुँही नीति बरती जाती रही तो मानव-समाज में सुख-शान्ति कैसे कायम रह सकेगी?...? कोई व्यक्ति अपनी जरूरत के वक्त कुछ उधार हमसे ले जाता है तो हम यही आशा करते हैं कि आड़े वक्त की इस सहा...
- यह दुर्घटना क्यों होती है?...? यह दुखदाई दुर्भाग्य क्यों कर आँखों के सामने खड़ा रहता है? यह हटाए क्यों नहीं हटता? श्रेय सौभाग्य से...
- यह दृष्टिकोण ही जो है, तो बदल जाय, तो हमारे जीवन में तुरन्त न जाने क्या से क्या हो जाय?...? आगरा के सेठजी आगरा में बेलनगंज नामक एक मोहल्ला है। वहाँ एक बहुत बड़े सम्पन्न व्यक्ति थे, जिन्हें पं...
- यह देखकर आना कि जो आदमी कई हजार रुपया महीना कमाते थे, उन्होंने नौकरी को ठोकर मार दी और औसत भारतीय स्तर का कैसा ब्राह्मणोचित जीवनयापन कर रहे हैं?...? साधू- बाबाजी तो ऐसे होते हैं, जो कभी भीख माँग लेते हैं, कभी यह कहकर लेते हैं, कभी वह कहकर लेते हैं प...
- यह देखकर उनके पास बैठे सज्जन बोले ‘मिस्टर शा, इतनी स्वादिष्ट चीजों के होते हुए भी आप यह क्या खा रहे हैं?...? ’
जार्ज बर्नार्ड शा ने बड़ी विनम्रता से उत्तर दिया, ‘मेरा पेट कब्रिस्तान नहीं है महोदय! इसमें केवल सा...
- यह देखकर उन्हें हृदय में शंका हुई कि सारे संसार को चलाने वाले शिवजी अगर अपने ऊपर से एक चूहे को नहीं हटा सकते, तो वे मेरी क्या रक्षा करेंगे?...?
उन्होंने अपने पिता को जगाया और उन्हें अपनी शंका बताई। उन्होंने उत्तर दिया- बेटा, सच्चे शिव तो कैलाश...
- यह देखना ही पर्याप्त नहीं?...? जाँचा यह भी जाना चाहिए कि उसका उपयोग लोकहित के लिए किस प्रकार और कितना बन बड़ा? यदि इसकी कसौटी को छो...
- यह देखना होगा कि वर्तमान की अस्त-व्यस्तताओं को किस प्रकार कितनी मात्रा में सुधारा जा सकता है?...? यह क्रम आरम्भ तो कर ही देना चाहिए। अपनी दिनचर्या बनानी चाहिए और साथ ही परिवार के अन्य लोगों की भी दि...
- यह देखने कि नवजात शिशु को कौन लेने वाला है, और कैसे पालेगा?...? वह यज्ञ स्थल पर पहुँची तो अपार भीड़ देखकर और गुरुजी से मिलकर वह बहुत प्रभावित हुई। फिर गुरुजी से बोली...
- यह देखिए कि हमारी बुद्धि कितनी बड़ी-बड़ी सार्थक योजनाएँ बनाती है, किस दिशा में चलती है?...? सारे युग का नव-निर्माण कैसे हो? यह हमारी बुद्धि ने सोचा है व करेगी।चौथी सम्पत्ति—हमारा धन। धन कहाँ ह...
- यह देव भावना और देवबुद्धि अगर आपके भीतर पैदा हो जाय, तो आपको क्या करना चाहिए और क्या करना पड़ेगा?...? आपको देवताओं की कंपनी में भर्ती होना पड़ेगा। अगर आप देवताओं की कंपनी में भर्ती हो जायें, ...
- यह देवी कौन है, जिसकी हमने स्थापना की है?...? इसका नाम है—श्रद्धा। ये कौन है? बेटे ये नारी की गरिमा की स्थापना है। नारी की गरिमा कैसी होती है? नार...
- यह दौलत की लाभ-हानियाँ हैं और कठिनाइयाँ?...? कठिनाइयों में जहाँ मुसीबतें उठानी पड़ती हैं, असंख्य दिक्कतें आती हैं, वहीं मनुष्य को अपनी भट्टी म...
- यह दौलत हमको नहीं मिलेगी क्या?...? बेटी! तुमको भी मिलेगी। बस, हृदय ने नाड़ियों को दिया और नसों में अपना खून फैलता चला गया। नाड़ियों ने दे...
- यह न जाने कैसा है?...? सारे के सारे क्रियाकलाप न जाने कहाँ-कहाँ से प्रवाहित होते रहते हैं। अनर्गल विचारधाराएँ प्रवाहित होती...
- यह न बोलते हुए भी कितनी शिक्षाएँ देता है, आप जानते हैं क्या?...? अग्नि का सिर ऊँचा है, आप अग्नि-सा मजबूत बनिए। अपना सिर नीचे नहीं, ऊपर करो। आपका सिर हमेशा आसमान की त...
- यह न सोचें कि तथाकथित सगे सम्बन्धी क्या परामर्श देते हैं?...? प्रह्लाद, विभीषण, भरत, मीरा आदि को कुटुम्बियों का नहीं, आदर्शों का अनुशासन अपनाना पड़ा था। उच्चस्तरी...
- यह नहीं कि वे कौन-सा मंत्र जपते थे, वरन यह देखिए कि शुरू से अन्त तक का उनका जीवन कैसा रहा?...? जीवन साधना कैसी रही? मित्रो! सारी जिन्दगी साधना करनी पड़ती है। साधना आधे घण्टे में नहीं होती। आधे घण्टे...
- यह नहीं पूछा कि मुझे आगे क्या करना पड़ेगा?...? मैं मानता हूँ कि जो काम सौंप दिया गया है वह भी क्या कम है। उसमें क्या कमी हो सकती है? उसमें क्या करन...
- यह नहीं बताया जाता कि अकारण क्यों तो यह ग्रह नक्षत्र उलटे सीधे पड़ते हैं?...? और क्या कारण है कि पण्डितों को दक्षिणा देने पर वे शान्त हो जाते है। पण्डितों की और ग्रह-नक्षत्रों का...
- यह नहीं, वरन कल्याण हमारा कहाँ है?...? कल्याण को देखने की अगर हमारी दृष्टि पैदा हो जाए तो यह कह सकते हैं कि हमने भगवान शिव के नाम का अर्थ ज...
- यह नाच कुछ पसन्द आया?...? कपड़े पहनने वाली से अब मन नहीं भरता। कपड़े पहनने वाले नाच अब घटिया जान पड़ते हैं और बेकार मालूम पड़त...
- यह नाच कुछ पसन्द आया?...? कपड़े पहनने वाली से अब मन नहीं भरता। कपड़े पहनने वाले नाच अब घटिया जान पड़ते हैं और बेकार मालूम पड़ते है...
- यह नारी वर्ष है तो आपने पहले से क्यों नहीं कहा?...? पहले से इसलिए नहीं कहा कि जब जिस समय जो आभास होता है, जो प्रेरणा मिलती है, जो संकेत मिलता है, उससे ए...
- यह नास्तिकता कहाँ से आ गई?...? निराशा कहाँ से आई? जो चीज, जैसी बनी थी, आपने वैसी कल्पना करना शुरू कर दी। आपने क्रियाओं के बारे में ...
- यह न्यूनतम है, लेकिन भावनाएँ फैलाने के लिए शिक्षण देने के लिए ये सिंबल भी काफी हैं, ताकि जब आपके बच्चे पूछें कि पिताजी, ये हम क्यों करते हैं?...? तो आप बताइए कि आपने नमन क्यों किया? आप उन्हें बताइए कि पूजन क्यों किया? शुरुआत तो कीजिए सवाल तो पैदा...
- यह न्यूनतम है, लेकिन भावनाएँ फैलाने के लिए, शिक्षण देने के लिए ये सिंबल भी काफी हैं, ताकि जब आपके बच्चे पूछे कि पिताजी, ये हम क्यों करते हैं?...? तो आप बताइए कि आपने नमन क्यों किया? आप उन्हें बताइए कि पूजन क्यों किया? शुरुआत तो कीजिए, सवाल तो पैद...
- यह पक्षपात ऊँट के साथ किया है या मनुष्य के साथ?...? हाईकोर्ट ने कहा—ठीक है, आपने ऊँट का साथ दिया और मनुष्य को खास हिदायत दी। फिर हाथी को बुला लिया और उस...
- यह पता नहीं कि जिन्दगी कितनी कीमती है और इसके लिए क्या करना चाहिए?...? भगवान् आया और उसने समर्थ को आवाज दी-बुलाया भगवान् हमारे और आपके पास भी रोज आता है। रोज सन्देश देता ...
- यह पता लग सकता है कि वह किस प्रवाह में बह रहा है, इस आधार पर उसका भविष्य क्या बन सकता है और अशुभ की रोकथाम तथा शुभ की सम्भावना को फलित करने के लिए क्या किया जा सकता है?...? इतने पर भी यह नहीं मान बैठना चाहिए कि स्वप्नों में भूतकाल के संचय एवं वर्तमान के पर्यवेक्षण के अतिरि...
- यह पता लगाया गया कि उसका लाभ मजदूरों को क्या मिला?...? मालूम पड़ा कि मजदूरों की बस्तियों में जो शिकायतें पहले थीं, वे पहले से दोगुनी हो गईं। खून-खराबा पहले...
- यह परीक्षा कैसे हो सकती है?...? बेटे! कठिनाइयों से होती है, और कैसे होती है? नहीं साहब! आप इम्तिहान ले लीजिए। आप सवाल पूछ लीजिए, हम ...
- यह परीक्षा कैसे हो सकती है?...? बेटे! कठिनाइयों से होती है, और कैसे होती है? नहीं साहब! आप इम्तिहान ले लीजिए। आप सवाल पूछ लीजिए हम ल...
- यह पानी के बुलबुले की तरह से काम करना क्या कोई शान की बात है?...? अगर चलना है, तो फिर चलना ही है, रुकना नहीं। यही शान की बात होगी। हमारे गुरु ने हमारी शान रखी, हम आ...
- यह पूँजी कहाँ से आई?...? कहाँ से जुटाई? इसके लिए मार्गदर्शक ने पहले ही दिन कहा था—जो पास में है, उसे बीज की तरह भगवान के खेत ...
- यह पूँजी कितनी होगी?...? यह रकम भी निर्माण पूँजी के बराबर ही हो जाती है। मन्दिरों का इमारती मूल्य और स्थिर पूँजी दोनों को मिला...
- यह पूछकर आना तूने खाना खाने के लिए नौकर रखा है कि नहीं रखा है?...? बेटी खाना खाएगी, तो मुँह चलाएगी। इससे तेरे दाँत घिस जाएँगे। इसलिए नौकरानी रख ले। वह तेरे बदले का खान...
- यह पूछकर के आना कि तूने खाना खाने के लिए नौकर रखा है कि नहीं रखा है?...? बेटी खाना खाएगी, तो मुँह चलाएगी। इससे तेरे दाँत घिस जाएँगे। इसलिए नौकरानी रख ले। वह तेरे बदले का खान...
- यह पूजन किस काम का?...?
मित्रो! एक बार हमने एक भगवान् जी से पूछा कि आपका क्या ख्याल है? दुनिया वालों का तो ऐसा ख्याल ...
- यह पूरे-का टाइम-टेबल इस बात पर निर्भर रहता है कि आपकी गतिविधियाँ क्या होनी चाहिए?...? आपको अनुशासित कैसे होना चाहिए? आपको संयमी कैसे रहना चाहिए? आपको तपस्वी की तरह जीवन-यापन कैसे करना चा...
- यह पैसा कहाँ से आया?...? हम आपसे कह सकते हैं कि जिन लोगों को फायदा हुआ था, उन लोगों ने प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से जुबान दी थी...
- यह प्यार कितना बढ़ा, आपने देखा नहीं?...? लड़कियाँ जब यहाँ से विदा होती हैं, तो फूट-फूटकर रोती हैं और पाँच-पाँच दिन, सात-सात दिन तक हमको तंग ...
- यह प्रभाव व्याख्यानों का था?...? नहीं, त्याग के लिए गाँधी जी का स्वयं को प्रस्तुत करने का था। बिना कोई व्याख्यान दिए, बिना कोई कथा कह...
- यह प्रभाव व्याख्यानों का था?...? नहीं, त्याग के लिए गाँधी जी का स्वयं को प्रस्तुत करने का था। बिना कोई व्याख्यान दिए बिना कोई कथा कहे...
- यह प्रयत्न उन्होंने किसके माध्यम से किया था?...? प्रचारकों के द्वारा। उनके पास प्रचारकों की सेना रहती थी। तो क्या सेना पण्डितों की थी या उपदेशकों की? ...
- यह प्रश्न भी है कि व्यक्तियों से समाज अथवा समाज से व्यक्ति?...? वस्तुतः दोनों इतने अविच्छिन्न है कि उन्हें पृथक किया ही नहीं जा सकता है। अच्छे व्यक्तियों की आवश्यकत...
- यह पढ़ाई किस काम आती है?...? नौकरियाँ कहाँ रखी हैं? सबसे बड़ी बात है कुटुम्ब की संस्था का संचालन। कुटुम्ब एक समाज है, राज्य है, एक...
- यह फरक क्यों है?...? कौशल्या ने कहा—टट्टी तो नहीं जाता। टट्टी जाता हुआ भगवान नहीं हो सकता। भगवान राम ने सन्देह दूर करने के...
- यह बच्चा क्यों रो रहा है?...? चुप करा लो। बेटे, यह भूखा है। भूखा है तो इसको दूध पिलाओ। उसने कहा कि बेटे, आज का दूध जो था वह तुम्हा...
- यह बता कि मैं आशीर्वाद दिला हूँ, तो तू हजम कैसे करेगा?...? इस जीवन में ही अमृत, पारस, कल्पवृक्ष हैं।
पहले यह सबूत दे दे कि तू हजम कर सकता है, फिर मैं तुझे...
- यह बताइए आपका धन, आपकी अकल, आपके साधन, श्रम किन कामों में खर्च होते हैं?...? इनका ब्यौरा लाइए, उसकी फाइल पेश कीजिए हमारे सामने। आपने बेटे को खैरात में बाँट दिया, ऐय्याशी में उड़ा...
- यह बताइए इस दिन आप क्या-क्या संकल्प लेते हैं?...? आगे आने वाले समय में क्या करते हैं? हनुमान जी ने सीता माता को लाने का शक्ति भर प्रयास किया था। जब भग...
- यह बताइए कि कोई-सा जामन न लाऊँ, तो दूध जमेगा क्या?...? बेटे! तू तो जामन के ही पीछे पड़ गया है। दूध का इंतजाम है नहीं, दोहनी तेरे पास है नहीं, जमावन है नहीं...
- यह बताइए कि मैं कैसे जमाई तलाश करूँ?...? कैसे अपनी लड़की का ब्याह करूँ? द्रोणाचार्य ने कहा कि इसके लिए कोई परीक्षा रखनी पड़ेगी, जिससे यह पता ...
- यह बताइये कि आपने क्या काम किया?...? मैं काम के हिसाब से गिनूँगा। नहीं साहब! वर्षों से लम्बाई गिनिए। नहीं मैं वर्षों से लम्बाई नहीं गिनता...
- यह बताइये कि कितना पैसा था?...? उनका एकाउण्ट है कि नहीं? बेटे, बहीखाता तो है नहीं, जो मैं बता दूँ कि कितना पैसा था। एलोरा की गुफाओं ...
- यह बहादुरी जब गुरु गोविंद सिंह पैदा करने वाले थे, तब उन्होंने लोगों से पूछा कि इसका कौन सा तरीका हो सकता है?...? लोगों में बहादुरी कैसे भरी जा सकती है? अगर यह उपदेश से हो जाए कि उससे सब लोग सूली पर चढ़ जाएँ सब मारे...
- यह बहादुरी जब गुरुगोविंद सिंह पैदा करने वाले थे, तब उन्होंने लोगों से पूछा कि इसका कौन-सा तरीका हो सकता है?...? लोगों में बहादुरी कैसे भरी जा सकती है? अगर यह उपदेश से हो जाए कि उससे सब लोग सूली पर चढ़ जाएँ, सब मार...
- यह बहुत खराब बात है?...? हाँ खराब बात है। इससे उसको सजा हो जाती है, जेल हो जाती है, फाँसी हो जाती है, निंदा, बदनामी हो जाती ह...
- यह बात अगर बताएँगे नहीं, तो आपके समर्थक कहाँ से आएँगे?...? आपको सहयोग कहाँ से मिलेगा? आप स्मारिका कहाँ से छापेंगे। इसलिए स्मारिका आप जरूर छापें।इसके अलावा और...
- यह बात अलग है कि हम आपकी मदद कर पाए कि नहीं कर पाए?...? यह तो आपका प्रारब्ध होगा, प्रारब्ध भोग होगा। जब अभिमन्यु मारा गया, तो सुभद्रा रोती हुई आई और उसने कृ...
- यह बात आप कहाँ कहेंगे?...? वहाँ कहेंगे जहाँ आपको एक घण्टे का प्रवचन करने का मौका मिलेगा। जहाँ कहीं भी आपको थोड़ा मौका मिले, वह...
- यह बात किसी को समझ में नहीं आ रही है?...? हिम्मत है? तो इस बकरे को काटकर दिखाओ। उस साधु के सिंह नाद में वह गर्जना थी कि जो व्यक्ति थोड़ी देर पह...
- यह बात कैसे हो सकती है?...? हताशा का कारण— मित्रो! ये हुआ कैसे? असल में चक्कर क्या है? जिस भगवान के पास शक्ति के भंडार भरे प...
- यह बात जब आपकी समझ में आ जाय, तब चाहे आप भजन करना, चाहे पूजा करना, चाहे अनुष्ठान करना, चाहे जप करना, ध्यान करना, चाहे हमको मिठाई खिलाना, चाहे आप लड्डू बाँटना, आपको जो मन आवे, सो करना, पर पहले जान लें कि आखिर गायत्री है क्या?...? यह एक ताकत है, सम्वेदना है मित्रो! गायत्री क्या है? एक भाव सम्वेदना है। संसार में दो शक्तियाँ हैं। एक ...
- यह बात तुझे कैसे मालूम पड़ी?...? योगिनी हूँ, तू समझता क्या है? बाबा जी बैठे रहे। जब वह अपने पति की सेवा करके आई, तो भिक्षा दिया। उन...
- यह बात देखने योग्य है कि परिवार पालने वाले इतना भी आखिर पाते क्या हैं?...? उनके उस खेत से क्या फसल उगी और उससे किसका हित सधा यह विचारने ही योग्य है। इस तथ्य पर आरम्भ से अन्त त...
- यह बात ध्यान में रखकर चलना पड़ेगा कि आपको बनना क्या है और बनाना क्या है?...? करना क्या है और कराना क्या है? इन दोनों प्रश्नों के उत्तर में एक ही जवाब है कि हमको अपनी दृष्टि का प...
- यह बात मैं क्यों कह रहा हूँ?...? इसलिए कह रहा हूँ कि आपको विश्वास दिलाना चाहता हूँ। आप कहेंगे कि हमको इन बातों से क्या फायदा, आप तो ह...
- यह बात सही है?...? हाँ बेटे! यदि उददेश्य ऊँचा हो, तब सही है, अन्यथा उद्देश्य घटिया हो, तब मैं नहीं कह सकता। उद्देश्य ऊँ...
- यह बात सही है?...? हाँ बेटे! यदि उद्देश्य ऊँचा हो, तब सही है, अन्यथा उद्देश्य घटिया हो, तब मैं नहीं कह सकता। उद्देश्य ऊ...
- यह बात हम भूल जाते हैं कि उनके लिए क्या बात मुनासिब थी?...? जितना मुनासिब था, उससे ज्यादा देने की कोशिश करते हैं। उनका बचाव करते हैं। उनके लिए वह काम करते हैं, ...
- यह बीमारियाँ कहाँ से शुरू हुईं, आप बता सकते हैं?...? हाँ साहब! पेट में से पैदा होती हैं। अगर पेट को फाड़ डाले या ठीक कर दें तो? नहीं बेटे! यदि फाड़ना ही ...
- यह बेअकल जमाना न जाने कहाँ जायेगा?...? आ रही है दुनिया की तबाही
मित्रो! मुझे मालूम पड़ता है कि इस जमाने में विनाश प्रत्यक्ष तो नह...
- यह बेटा आपका है?...? आपका नहीं हो सकता। आपका यह बेटा हजारों जन्मों से न जाने किसका-किसका बेटा होता हुआ चला आ रहा है और उस...
- यह ब्रह्मतेजस् आता कहाँ से है?...? चरित्र में से आता है। पूजा चरित्र के लिए है। पूजा से भगवान नहीं मिल सकते। पूजा हमारा माध्यम है, लक्ष...
- यह ब्राह्मण की कामधेनु है?...? बिल्कुल बेटे, यह ब्राह्मण की है। ब्राह्मण के अलावा? ब्राह्मण के अलावा किसी की भी नहीं है। ब्राह्मण...
- यह भगवान कैसे होगा?...? जिसके अन्दर द्वेष नहीं है, घृणा नहीं है, चिन्ताएँ नहीं हैं। काम नहीं है, क्रोध नहीं है, लोभ नहीं है, ...
- यह भगवान क्या है?...? यह तो हमारा बनाया हुआ है। आप विश्वास रखिए, यह सभी भगवान हमारे गढ़े हुए हैं। अगर ये भगवान हमारे बनाए ...
- यह भला कैसे मिल सकती है?...? किसमें मिल सकती है, क्यों मिलेगी? लेकिन ऐसा मालूम होता है कि वह सारी कल्पनाएँ जो तिलस्मी थीं अब साका...
- यह भविष्य की कल्पनाएँ करने वाले कौन हैं?...? बालक, जिन्हें जब देखो तब शेखचिल्ली के तरीके से कहते और सोचते रहते हैं कि बड़ा हो जाऊँगा, तो यह बनूँगा...
- यह भावना मनुष्यों में जाग्रत करने के लिये हमें क्या प्रयत्न करना चाहिए?...? (८) यह कभी आपको पिता-माता या परिवार वालों की तरफ से अनीति को मानने का आग्रह किया जाय तो क्या आप आग्र...
- यह भी कोई तरीका है?...? यह भी कोई ढंग है? बेटे क्या पढ़ेगा? स्कूल में पढ़ूँगा। अरे बेटे, यह तो बता कि तू पढ़ेगा क्या? फिजिक्स प...
- यह भी कोई कुण्डलिनी जागरण है?...? वह अपने कर्तव्य को ठीक तरह से पूरा करने के लिए शाम तक डटा रहा। शाम को उसने कहा कि स्वामी जी। मैं त...
- यह भी कोई जीवन है क्या?...? नहीं, यह कोई जीवन नहीं है। यह बहुत ही घटिया और पशुओं जैसा नारकीय जीवन है।
मानवीय चेतना-विचार...
- यह भी कोई जीवन है क्या?...? नहीं, यह कोई जीवन नहीं है। यह बहुत ही घटिया और पशुओं जैसा नारकीय जीवन है। मानवीय चेतना-विचारणा ही है...
- यह भी कोई जीवन है क्या?...? ये तो कोई जीवन नहीं है। ये तो बहुत घटिया और पशुओं जैसा नारकीय जीवन है।मानवीय चेतना—विचारणा ही है विश...
- यह भी कोई ढंग है?...? बेटे क्या पढ़ेगा? स्कूल में पढ़ूँगा। अरे बेटे, यह तो बता कि तू पढ़ेगा क्या? फिजिक्स पढ़ेगा, साइंस पढ़ेगा,...
- यह भी कोई ढंग है?...? यह क्या है? ये भी गलतियाँ हैं। व्यक्तिगत जीवन में आपके गुण, कर्म और स्वभाव सम्बन्धी गलतियों क्या हुई औ...
- यह भी कोई तरीका है?...? यह भी कोई ढंग है? दुनिया में कहीं ऐसी कोई पढ़ाई होती है क्या? पढ़ाई के लिए हमेशा लक्ष्य तय करना पड़ता ह...
- यह भी कोई बात है?...? मुझे बहुत बेतुका और बेहूदा लगा। लेकिन जब मैंने बहुत बारीकी से गौर करना शुरू किया, तब मुझे यह माल...
- यह भी कोई भक्ति हो सकती है?...? भक्ति का मखौल मत बनाइये। भक्ति के साथ दिल्लगीबाजी मत कीजिए। भगवान के साथ दिल्लगीबाजी करना मुनासिब ...
- यह भी क्या कि बड़ोंं की आज्ञा के बिना कुछ न कर सकें?...? ऐसे जीने से लाभ क्या? इससे तो जीवन का अन्त कर देना ही अच्छा है।
पर करें कैसे? किसी ने कहा था कि धतूर...
- यह भी तो सब घटिया और छोटे स्तर के लोग थे; लेकिन जब उन्होंने अपने आप को समझ लिया और अपने आपकी सही दिशाधारा को ठीक पकड़ लिया और उसी रास्ते पर क्रमबद्ध रूप से चलते चले, तो कहाँ-से पहुँच गये?...? आपके लिए भी यह पूरे तरीके से मुमकिन था; पर आप कर नहीं पाये, क्यों? दिक्कत क्या थी? पैसा नहीं था? साध...
- यह भी विचारणा चाहिए कि बोलने, सोचने, पढ़ने की, उपार्जन, गृहस्थ, शिक्षा, चिकित्सा, वाहन, मनोरंजन आदि की जो भी सुविधाएँ किसी भी प्राणी को नहीं मिलीं, केवल मनुष्य को ही भगवान ने क्यों दी?...? यदि अकारण दी होतीं तो वह पक्षपाती कहलाता और समस्त जीव-जन्तु परमात्मा से शिकायत करते कि अकेले मनुष्य ...
- यह भ्रान्ति क्यों है?...? अध्यात्म क्षेत्र में यह कैसे घुस पड़ी, और इस भ्रान्ति ने कितना ज्यादा नुकसान पहुँचाया, आपको मैं कुछ क...
- यह मकान आपका है?...? नहीं, यह आपका नहीं हो सकता। यह तो तहस-नहस होने वाला है। सौ-दो सौ वर्ष बाद यह नष्ट हो जाएगा। अभी तो स...
- यह मदद है कि नहीं, बताइए?...? यह मदद ही है।
गुरु हर तरह से मदद करता है
परोक्ष रूप से मदद किसने की? बेटे गुरुजी ने ...
- यह मनुष्य के लिए लाभदायक है?...? नहीं, घोर हानिकारक है। यह आदमी के मनोबल को गिराती है। यह आदमी के व्यक्तित्व को गिराती है। यह आदम...
- यह मनुहार मेघों की ही क्यों होती है?...? खोजने पर पता चलता है कि वे संचित जलराशि समेट, अपने आपको अति विनम्र बनाकर उसे धरती पर बिखेर देते हैं।...
- यह मन्त्र जाप आयु सम्बन्धी विचार साधना के सिवाय और क्या होता था?...? गायत्री मन्त्र की साधना का भी यही रहस्य है। इस मन्त्र का जाप करने वालों को बहुधा ही तेजस्वी, समृद्धि...
- यह माता नहीं हैं तो क्या है?...? शिवाजी ने एक मुसलमान महिला को देखा, जो उसके लिए लाई गई थी। उसे देखते ही उन्होंने कहा-यह तो मेरी माँ ...
- यह मालदारी कहाँ से आ गयी?...? मालदारी कौन-से व्यापार से कमा ली? एक ही व्यापार था—उसका नाम चाहे तो अध्यात्म कह लीजिए और चाहे तो उपा...
- यह मुण्डन क्या है?...? मुण्डन कोई संस्कार नहीं है। यह शिखा-स्थापना का संस्कार है। चोटी हम रखा लेते हैं बाकी बालों को काट दे...
- यह मेरे किस काम आने वाला है?...? तो फिर क्या चीज दूँ? मेरे पास क्या है बताइये? मैं तो साल भर आपके पास पढ़ा हूँ और रोटी भी तो मैंने...
- यह मैं अनुदान की बात कह रहा हूँ, भगवान कृष्ण के अनुदान की और बताऊँ?...? अच्छा और बताता हूँ। सुदामा जी को पैसे की आवश्यकता पड़ी। किस काम के लिए? सुदामा जी बड़े गरीब थे और भिखा...
- यह मैं आपकी विधियों को देख करके, मनःस्थिति को देख करके बताता हूँ कि आपका मन किस तरह का है और किस काम में एकाग्र किया जा सकता है?...? कौन से आपके रुचि के विषय हैं और किस रुचि के विषय में उसे लगाया जा सकता है? चलिए, मैं उदाहरण देकर स...
- यह मैं आपसे किसकी बात कह रहा हूँ?...? ताऊ जी की बात कह रहा हूँ। तो हमसे क्यों कह रहे हैं? इसलिए कि आप भी ताऊ जी हैं और तरह तरह की बोलियाँ,...
- यह मैं आपसे किसकी बात कह रहा हूँ?...? ताऊ जी की बात कह रहा हूँ। तो हमसे क्यों कह रहे हैं? इसलिए कि आप भी ताऊ जी हैं और तरह''तरह की बोलियाँ...
- यह मैं किस आदमी की बात कर रहा हूँ?...? इसका नाम है- विनोबा। यह कौन बन गया? बेटे, यह सन्त बन गया। यह वामन भगवान बन गया, जिसने अपने चरणों से...
- यह मैंने प्रथम मिलन की तरह उन्हें आश्वासन दे दिया, पर एक ही सन्देह रहा कि इतने विशालकाय कार्य के लिए जो धन शक्ति और जन शक्ति की आवश्यकता पड़ेगी, उसकी पूर्ति कहाँ से होगी?...? मन को पढ़ रहे गुरुदेव हँस पड़े। ‘‘इन साधनों के लिए चिन्ता की आवश्यकता नहीं है। जो तुम्हारे पास है, उसे...
- यह मैग्नेट कहाँ से पाया?...? वहाँ से पाया, जिसके लिए हमने अपना जीवन समर्पित किया है। जहाँ के लिए हमारे बॉस ने हमको शिक्षण दिया है...
- यह मोजा कितने दिनों का धुला हुआ है?...? यह तो छह महीने से धुला नहीं है। छह महीने से इसे पहने हुए हैं। धोती भी धुली हुई नहीं है। अत: धुली हुई...
- यह मोजा कितने दिनों का धुला हुआ है?...? यह तो छह महीने से धुला नहीं है। छह महीने से इसे पहने हुए हैं। धोती भी धुली हुई नहीं है। अत: धुली हुई...
- यह यश कहाँ से आ गया?...? यह बेटे गायत्री माता का दिया हुआ है। कीर्तिम् द्रविणं। धन—यह मत पूछिए कि हमारे पास कितना है? अभी पी...
- यह योगाभ्यास आखिर है क्या?...? इसकी गहराई तक उतरने वाले जानते हैं कि तितीक्षाओं के साथ जुड़ी हुई कर्मकाण्डों की प्रत्यक्ष फलश्रुति ...
- यह रंग कहाँ से आता है?...? उत्तर स्पष्ट है जो वस्तु या पौधा अपने अनुरूप, किरणों में विद्यमान जिन रंगों को अवशोषित नहीं कर पाता ...
- यह राज हँस की खासियत है?...? हाँ बेटे, यह राजहंस की खासियत है। परन्तु महाराज जी। सामान्य हँस तो कीड़े खाते हैं, पर वह कौन सा हँस...
- यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम आ सकता है?...? कामवासना के सेवन करने में आता है। हँसी मजाक करने के काम आता है। ये कलेवर, कलेवर हैं। कलेवर स्थूल हैं...
- यह रोगी स्वयं कहाँ जानता है?...? उसे चिकित्सक के अनुशासन में चलना पड़ता है। बच्चे अपनी दिनचर्या तभी ठीक रख पाते हैं, जब अध्यापक का निर...
- यह रोल या डण्डा क्या है?...? यह हिन्दुस्तान के शासन की बागडोर का प्रतीक है, सिम्बल है। वह सिम्बल हमें सौंप दिया गया और किलों पर स...
- यह लगाई क्यों नहीं गई?...? इसका ऑपरेशन कैसे नहीं हुआ? कोई कुशल डॉक्टर नहीं मिला, या तो हममें कमी है या आपमें कमी है।
क्या है श...
- यह लिपि क्या है?...? क्या समझते हैं कि आपने इसे स्कूल में पढ़ लिया है? नहीं, यह लाखों वर्षों में करोड़ों मनुष्यों की मशक्...
- यह वह कहानी है, जो कि प्रत्येक मुरदे में जान डालने वाली है कि एक नन्हीं-सी बालिका इतना साहस कर सकती है और हम नहीं कर सकते हैं?...? आखिर क्यों नहीं कर सकते हैं?
हमारी कमजोरी—संकीर्णता
क्या कमजोरी है? एक ही कमजोरी है और वो है संकीर...
- यह विचार कभी आता है आपको?...? नहीं, कभी नहीं आता। मित्रो! मन की बनावट ही कुछ ऐसी है कि अपना जो कुछ है सो अच्छा। हमेशा मन में यहीं ...
- यह विचार पहले से ही कर लेना चाहिए कि यज्ञ को सार्थक बनाने वाली इस पुण्य-प्रक्रिया को किस प्रकार सम्पन्न किया जाए?...? इसके लिए पूर्णाहुति के एक-दो दिन पहले ही प्रत्येक नर-नारी को गायत्री महायज्ञ की पूर्णाहुति में भाग ल...
- यह विज्ञान का भाग है और ज्ञान भाग?...? ज्ञान भाग वह है जो विश्वामित्र ने किया था। अनुसन्धान और अनुदान—दोनों को करते हुए मैंने अपनी सत्तर साल...
- यह विद्या का कमाल था, शिक्षा का कमाल था और अकल होनी चाहिए?...? हाँ, अकल का मैं बहुत हिमायती हूँ और अकल को बढ़ाने की कोशिश करता हूँ। हर आदमी की अकल बढ़नी चाहिए, ...
- यह वो देवी थी जिसके नारी के रूप में, एक खूबसूरत महिला के रूप में शिवाजी ने अपनी माता का साक्षात्कार किया और गाण्डीव क्या था?...? कहाँ से आया था गाण्डीव? वहीं से आया था जहाँ गहराई की दृष्टि से ऋतम्भरा प्रज्ञा मिली थी। नारी को उसने...
- यह शक्ति किसमें खर्च होगी?...? जो कुछ भी है, उसी में खर्च होगी। प्राप्त करना कोई मुश्किल नहीं है, तप करना कठिन है। गुरुदेव ने मुझे ...
- यह शिक्षण कौन करता है?...? यह करता है सविता, जो रोशनी और गर्मी दोनों का प्रतीक है। सविता के गुण, सविता के कर्म, सविता के स्वभाव...
- यह शिक्षा आप किससे देंगे?...? जीभ से देंगे। जीभ तो बेटे! माँस की है और माँस की जीभ माँस को प्रभावित कर सकती हो तो मैं नहीं कह सकता...
- यह शिक्षा आप किससे देंगे?...? जीभ से देंगे। जीभ तो बेटे! माँस की है और माँस की जीभ माँस को प्रभावित कर सकती हो तो मैं नहीं कह सकता...
- यह शिक्षा हम आपको किसमें देते हैं?...? हम आपको गायत्री के पहले वाले चरण में देते हैं। गायत्री का पहला वाला चरण, पहला वाला शिक्षण, पहली वाली...
- यह शिक्षा हम आपको किसमें देते हैं?...? हम आपको गायत्री के पहले वाले चरण में देते हैं। गायत्री का पहला वाला चरण, पहला वाला शिक्षण, पहली वाली...
- यह शुरुआत है, प्रशिक्षण है?...? जैसे पट्टी के ऊपर ए.बी.सी.डी. और 'क' माने कबूतर और 'ख' माने खरगोश सीखा जाता है, इसी तरीके से आध्यात्...
- यह संकीर्णता कैसे आई?...? यह खुदगर्जी कैसे आई?
एक सती का उदाहरण देती हूँ। सती का कौन होता है? सती का वह होता है कि जिस दिन ...
- यह संगति कैसे आ गई नारद?...? दुनिया में दो ही मनोकामनाएँ हैं—एक कामिनी, दूसरी कांचन। तीसरी और कोई मनोकामना है ही नहीं। बता, तुझे ...
- यह संगति कैसे आ गई नारद?...? दुनिया में दो ही मनोकामनाएँ हैं-एक कामिनी, दूसरी कांचन। तीसरी और कोई मनोकामना है की नहीं। बता, तुझे ...
- यह संपदा हमारी कैसे हो सकती है?...? मालिक नहीं, माली बनें मित्रो! आप जहाँ कहीं भी रहें, जहाँ कहीं भी जायँ, मालिक बनकर नहीं, माली बनकर ...
- यह सम्भव है?...? हाँ बेटे! यह सम्भव है। स्वामी दयानंद से लेकर शंकराचार्य तक और हनुमान जी से लेकर भीष्म पितामह तक असंख्...
- यह सम्भव है?...? हाँ, यह सम्भव है। कब सम्भव है? यह तब सम्भव है जब आप वाणी का संयम प्रारम्भ करेंगे।
मित्रो! वाणी के तप...
- यह संस्कार और सामर्थ्य किसने दिए?...? ये भावनाएँ, ये संस्कार और ये सिद्धान्त, साहस कहाँ से आए? वे सब माँ से ही आए।
माँ ने ही इस ढंग से...
- यह संस्कार किसने दिए थे?...? यह माँ ने दिए थे। शकुन्तला ने भरत को बनाया था और उसी के नाम से हमारे राष्ट्र का नाम भारतवर्ष पड़ा। भ...
- यह संस्कार कौन सिखाएगा?...? माताएँ देंगी। प्रणाम करने का, सही ढंग से बोलने का, सत्य बोलने का और दूसरों के साथ में अच्छा व्यवहार ...
- यह संस्था कितनी शानदार है और यह कितने महत्त्वपूर्ण कार्य कर चुकी है और आगे क्या-क्या कार्य करने वाली है?...? यह बात अगर बताएँगे नहीं, तो आपके समर्थक कहाँ से आएँगे? आपको सहयोग कहाँ से मिलेगा? आप स्मारिका कहाँ...
- यह सच है?...? हाँ यह बिल्कुल सच है कि आदमी अपनी जीभ की नोंक से अपनी कब्र खोदता है। आपने जो खाया है, जरा उसकी लिस्ट...
- यह सच है?...? हाँ यह बिलकुल सच है कि आदमी अपनी जीभ की नोक से अपनी कब्र खोदता है। आपने जो खाया है, जरा उसकी लिस्ट ल...
- यह सत्य है कि अगर किसी के घर में घुसें या किसी का सामान आदि चुरा लें, तो आपको कोई रोक भी सकता है, कानून के हवाले कर सकता है, परन्तु आप अगर अच्छा काम करेंगे, तो आपको कौन रोक सकता है?...? आप जिससे भी मोहब्बत करेंगे, उसके लिए हमेशा सेवा के लिए तैयार रहेंगे।मित्रो! प्यार का वास्तविक स्वरूप...
- यह सत्संग कैसे हो सकता है?...? यह सत्संग केवल पुस्तकों के माध्यम से सम्भव है, क्योंकि विचारशील व्यक्ति हर समय बातचीत करने के लिए मिल...
- यह सत्संग कैसे हो सकता है?...? यह सत्संग केवल पुस्तकों के माध्यम से सम्भव है, क्योंकि विचारशील व्यक्ति हर समय बातचीत करने के लिए मि...
- यह सब आप दे सकते हैं, कब?...? अगर आप देने को आदत सीख लें तब।मित्रो! अगर आप देने की आदत सीख लें तब? तब आप अपने दिमाग को ऐसी चीजें द...
- यह सब आपको कैसे हुआ?...? उनके साथ जो लोग आये थे, उन सबको दूसरी जगह भेज दिया। मैंने कहा कि अब बताइये क्या कारण था? उन्होंन...
- यह सब कब और कैसे प्राप्त हो सकता है?...? जब आप उपासना करते हैं, तब। उपासना करते हैं, तब अपने विशाल को निखार लेते हैं। फिर क्या हो जाता है? फि...
- यह सब कब मिलेगा?...? जब देवता के अन्दर प्राण-प्रतिष्ठा हो जाएगी और अगर प्राण-प्रतिष्ठा न हो तब? तब बेटे! कुछ नहीं हो स...
- यह सब कहाँ से आ गया?...? उन्होंने पैसा कहाँ से इकट्ठा कर लिया? भीख माँगी और कहाँ से इकट्ठा कर लिया? भीख माँगी जाती है। भीख मा...
- यह सब कहाँ से आ रहा था?...? यह उस गुरु की कृपा है और उसका अनुदान है। वह चाहे तो सब कुछ बना सकता है। वह किसी की भी झोली खाली नहीं...
- यह सब कहाँ से आता है?...? बेटे, हमारा गुरु दो बातें कह गया था। एक तो यह कि लोगों के सामने हाथ मत पसारना। अभी तक तो हमारी शरम...
- यह सब कहाँ से आता है?...? श्रम के रूप में सहयोग, अकल के रूप में सहयोग, भावनाओं के रूप में सहयोग। आप सहयोग का अर्थ केवल पैसा स...
- यह सब कहाँ से उत्पन्न होते हैं और क्यों कर निपट सकते हैं?...? इसकी विवेचना करने पर इसी निष्कर्ष पर पहुँचना पड़ता है कि मात्र अपने आपे तक, गिने-चुने अपनों तक सीमित...
- यह सब कैसे हो गया?...? अदूरदर्शिता के कारण। अगर उस बच्चे में दूरदर्शिता रही होती, तो उसने ऐसे कदम न उठाए होते। तब उसने समझद...
- यह सब कैसे हो गया?...? हमारी इच्छाशक्ति ने पैदा किया। सारी चीजें पैदा कर दीं। सारे के सारे चमत्कार ये चेतना के हैं, जमीन की...
- यह सब कैसे हो गया?...? हमारी इच्छाशक्ति ने पैदा किया। सारी चीजें पैदा कर दीं।...
- यह सब कैसे होता है?...? शक्ति कहाँ से आती है? साधन कहाँ से जुटते हैं? इन सबका उत्तर काय-कलेवर के कण-कण में संव्याप्त और गतिश...
- यह सब क्या है?...? निश्चित रूप से यह उस व्यक्ति की स्वसम्वेदना ही है जो विधेयक बनकर सामने आई और उत्साह प्रदान करके सरल स...
- यह सब क्या है?...? उसकी व्याख्या पिछले दिनों तो नहीं हो सकी थी पर अब इस खोज से यह पता लगता है कि पाये जाने वाले रसायनों...
- यह सब क्या है?...? विधि है। कलेवर का नाम विधि है। जिस विधि को आप पूजते हैं वह आवरण है। आवरण की भी जरूरत पड़ती है, उसके ब...
- यह सब क्रिया-कृत्य करते हैं, लेकिन मूलतः शंकर क्या है?...? श्रद्धा और विश्वास। ‘याभ्यां बिना न पश्यन्ति’—जिनकी पूजा किए बिना कोई सिद्धपुरुष भी भगवान को प्राप्त...
- यह सब क्रियाकृत्य हम करते हैं लेकिन मूलतः शंकर क्या हैं?...? श्रद्धा और विश्वास। 'याभ्यां बिना न पश्यन्ति' --जिनकी पूजा किए बिना कोई सिद्धपुरुष भी भगवान को प्राप...
- यह सब देखकर ब्राह्मण दौड़ कर उसके सामने गया और प्रणाम कर कहा, ‘‘भले पधारे माताजी, हमारे लिये क्या आदेश है?...? ’’ ब्राह्मण को देखते ही लड़की एकदम आक्रोशित होकर बोली, ‘‘तुमने मेरे भक्त को बहुत दुखी किया है, मैं तु...
- यह सब भूखे आदमी कर रहे हैं?...? नहीं भूखे आदमी नहीं कर सकते। भूखे आदमी मजदूरी कर सकते हैं। भूखे आदमी ज्यादा से ज्यादा भीख माँग सकत...
- यह सब यदि अंग्रेजी शासन काल में हुआ होता तो भी यह सोचकर सन्तोष किया जा सकता था कि मजबूरी है क्या किया जाय?...? शोचनीय तो यह है कि आज जबकि अपने निर्माण का अधिकार हमें स्वयं ही मिला हुआ है तब भी हम स्वयं को हीन सम...
- यह सब स्वावलम्बन हुआ ना?...? स्वावलम्बन की दृष्टि से यदि आप घर के कई लोगों को इस लायक बना दें और उनसे भी कुछ काम करने की बात कहें...
- यह सब होता कैसे है?...? इसका इतिहास एक ही है-दुर्गुणों की उपेक्षा। उनकी हानि पर ध्यान न देना और विष-बेल के उगते ही उसके उन्म...
- यह सभी अपने ही काय-कलेवर में उपलब्ध किये जाने चाहिए और देखा जाना चाहिए कि परिष्कृत अध्यात्म व्यक्ति एवं संसार के लिए उपयोगी हो सकता है क्या?...? भौतिक विज्ञानियों में से अनेकों ने अपनी अभीष्ट खोज के लिए प्राय: पूरी जिन्दगी लगा दी और लक्ष्य तक पह...
- यह समय नारी समाज का शोषण, असत्य प्रस्तुतीकरण नहीं तो और क्या है?...? किन्तु लगता है अधिकांश नारियाँ इसके विरुद्ध आवाज बुलन्द करने का साहस नहीं करना चाहती।
क्या रूप के ...
- यह सम्पदा कहाँ से आती है?...? यह सम्पदा मनुष्य के शरीर में भरी पड़ी है और भीतर दबी पड़ी है। यदि हम आदमी को पुरुषार्थवान बना दें और...
- यह सारी-की-सारी बातें जो हम कहते हैं, ठीक उन्हीं की प्रतिध्वनि इस अन्तरिक्ष में से होकर के हमारे पास चली आती हैं और हमसे ये पूछती हैं कि लाइए, आपके पास पैसा कहाँ है?...? हमको दीजिए। आपके पास शरीर-श्रम कहाँ है? हमको दीजिए। आपके पास नौकरी में तरक्की कहाँ है? नहीं साहब! हम...
- यह सारे कठिन एवं असम्भव कार्य वे कैसे कर पाए?...? यह सभी कार्य केवल भगवान को समर्पण करने के कारण ही वे कर पाये अन्यथा किसी भी हालत में एड़ी-चोटी एक करन...
- यह सिलसिला कुछ दिन तक चला, अचानक एक दिन विचार उठा कि ऐसा काम क्यों करना, जो बड़ों से छिपाना पड़े और जिसके लिये चोरी करनी पड़े?...? बात उठी। और वहीं की वहीं दब गयी।
फिर उभरी और पराधीनता दिन पर दिन खलने लगी। यह भी क्या कि बड़ोंं की आज...
- यह सुनकर वह नास्तिक बोल पड़ा-यह भी कभी हो सकता है?...? लड़के ने तुरन्त उत्तर दिया-यदि यह तस्वीर बिना बनाये नहीं बन सकती तो इतना बड़ा संसार बिना कर्ता के कैसे...
- यह सृष्टि क्या है?...? राजनीति क्या है? समाज क्या है? एक नागरिक कर्तव्य क्या है? जीविका उपार्जन कैसे करनी चाहिए? अर्थशास्त्...
- यह सृष्टि क्या है?...? राजनीति क्या है? समाज क्या है? नागरिक कर्तव्य क्या है? आजीविका उपार्जन कैसे करना चाहिए? अर्थशास्त्र...
- यह स्थिति कैसे उत्पन्न हुई?...? इसका उत्तर है कि धरती की व्यवस्था सँभालने का उत्तरदायित्व स्रष्टा ने मनुष्य को सौंपा है। साथ ही उसे ...
- यह स्थिति सुधार और विकास दोनों में बाधक है?...? जब तक कमी का आभास न हो तब तक उसकी पूर्ति का तारतम्य कैसे बने? अस्तु, आत्मविकास के मार्ग पर चलने वाले...
- यह स्रष्टा की क्षमता न सही, प्रतिद्वन्द्विता तो हो गई न?...? मानवी गरिमा की प्रशंसा में एक और उदाहरण शासन तन्त्र खड़ा करने का है। अस्त-व्यस्तता को व्यवस्था में बद...
- यह हँस क्या है?...? हँस बेटे एक छोटा सा पक्षी होता है और गायत्री माता उस पर सवारी करती हैं और सवारी करके चाबुक ले के क...
- यह हटाए क्यों नहीं हटता?...? श्रेय सौभाग्य से व्यक्ति, ईश्वर, समाज सबको क्यों वंचित रह जाना पड़ता है? ऐतिहासिक भूमिका निभा सकने ...
- यह हनुमान क्या है?...? यह है गायत्री चरण-पीठों की स्थापना। ये चरणपीठें बन रही हैं और आपको बनानी चाहिए। आपकी जहाँ भी गायत्...
- यह हनुमान जी ने कब कहा?...? जब वे सुग्रीव के नौकर थे तब। लेकिन जब हनुमान जी सुग्रीव के नौकर नहीं रहे, भगवान के नौकर हो गये तब?...
- यह हम नहीं जानते, लेकिन यह क्या चीज है?...? बता सकते हैं। यह आदमी की वृत्ति है। कौन-सी वृत्ति? इनसानियत की वृत्ति॥ इनसान को अगर भगवान कुछ देते ...
- यह हमको सुअर के तरीके से उसी तरह से घसीटते हुए जाने कहाँ ले जाती हैं और जाने हमारा क्या करेंगी?...? जाने हमारा पेट फाड़ेंगी, जाने हमारा बाल उखाड़ेंगी, जाने हमें भूनकर खा जायेगी। जल्लादों के तरीके से, ...
- यह हमने कहाँ से सीखा?...? हमने उनके व्यक्तिगत जीवन से सीखा और साधना के क्षेत्र में आगे बढ़े। हमने आगे ही कदम बढ़ाया। हमने कहा ...
- यह हमने क्या किया?...? हमने अपनी तबाही को न्योत-न्योतकर बुलाया। बेटे, यह बात मैं शरीर की बाबत कहता है, अन्नमय कोश की बाबत क...
- यह हमने पहले ही आपको बता दिया था कि गायत्री की पूजा करें, गायत्री का जप करें, गायत्री का अनुष्ठान करें, लेकिन सबसे अहम् सवाल यह है कि सबसे पहला वाला सवाल हमसे यह पूछना चाहिए कि आखिर गायत्री है क्या?...? यह बात जब आपकी समझ में आ जाय, तब चाहे आप भजन करना, चाहे पूजा करना, चाहे अनुष्ठान करना, चाहे जप करन...
- यह हमारा कहना मानती है कि नहीं और हमारे कहने पर चलती है कि नहीं और हमारी काम-वासना पूरी करती है कि नहीं और अमुक काम करती है कि नहीं करती?...? इसकी अपेक्षा आप स्वयं को देखें कि हम उसके तईं अपना फर्ज पूरा करते हैं कि नहीं करते हैं?
हम...
- यह हमारा कोई लक्ष्य था?...? नहीं, यह नहीं था। हमारा इससे बड़ा लक्ष्य था। हमने नया जमाना लाने का, कुरीतियों को समाप्त करने का तथा...
- यह हमारा भाई है, इसका लड़का तीन साल से फेल हो रहा है, वह पास हो जाएगा और दो वर्ष का तप और दे दीजिए काहे के लिए?...? हमारा मकान बनाने को पड़ा है, सो उससे बन जाएगा। सात साल का तप दे दीजिए। अच्छा, फिर तू क्या देगा? महारा...
- यह हमारी नहीं है, यह ब्रह्माजी ने बनाई थी, कब बनाई थी?...? करोड़ों वर्ष पहले बनाई थी, जहाँ हम बैठे हुए हैं, उसे पटवारी के खाते में देख करके आ। लाखों आदमियों के ...
- यह हमारी बीवी हैं, क्यों कहते हैं?...? यह क्यों नहीं करते कि यह भगवान् की बेटी हैं। यह कह देंगे, तो क्या हो जाएगा?
आप रात्रि को जब स...
- यह हमारे हाथ की बात है, लेकिन परिस्थितियाँ हमारे हाथ में कहाँ हैं?...? जैसा हम चाहते हैं, वैसा ही मिल जायेगा, यह हमारे हाथ की बात नहीं है। मान लीजिए कि आप दुकानदार हैं, व्...
- यह हिंदुओं की है?...? अरे! हिंदुओं की ही नहीं, यह तो सारे विश्व की है।
मित्रो! एक बार जामिया मिलिया का उद्घाटन करने के...
- यह हिम्मत किसने दी?...? यह हिम्मत माँ ने दी।
माँ ने जंगल में रहते हुए भी दोनों बच्चों को गढ़ा और ऐसे श्रेष्ठ साहसपूर्ण स...
- यह हिस्सा ऐसा है कि अगर यह ताकतवर हो, बलवान हो, मजबूत हो तो हमें क्या मिल सकता है?...? इससे दो चीजें मिल सकती हैं। इनमें से एक चीज मिल सकती है—'स्वर्ग' और दूसरी चीज मिल सकती है—'मुक्ति'। ...
- यह हीरक जयंती क्या बात है?...? जब आदमी पचहत्तर वर्ष का हो जाता है, तो यह जयंती मनाई जाती है। सौ साल में शताब्दी मनाई जाती है। अब ...
- यह हुआ पहला काम?...? दूसरा काम? दूसरा काम हमने यह तय किया है कि एक लाख यज्ञ होने चाहिए। लाख? हाँ, लाख होने चाहिए। कैसे हो...
- यह है क्या?...? कुछ भी नहीं है। आपके जैसे कर्म हैं, कर्म के हिसाब से भक्तवत्सल भी हैं और कर्म के हिसाब से वे जल्लाद ...
- यह है तो एक प्रतीक, पर इसके पीछे न जाने क्या से क्या सत्ता भरी पड़ी है?...? एक बड़ी चीज की जिम्मेदारी भगवान् ने हमारे ऊपर सौंपी है और इसके लिए हमने एक बड़ा प्लान बनाया है। इस बड़े...
- यह हो सकता है?...? हाँ बेटे, हो सकता है। मंत्र की शक्ति से? हाँ बेटे, मंत्र की शक्ति से सब कुछ सम्भव है। लेकिन मंत्र क...
- यह हो सकता है?...? हाँ हो सकता है। शर्त केवल यही है कि अध्यात्म आपके पास हो। पारस आपके पास न हो तब? पारस नहीं है तब बेट...
- यह हो सकता है?...? हाँ, बेटे यह हो सकता है। प्राचीनकाल में होता था और अभी भी हो सकता है। चंदगीराम पहलवान का नाम आपने सु...
- यह ‘‘भारत माता है’’ ऐसा कह कर भिन्न-भिन्न शहर कहाँ पर हैं?...? यह अन्य बालकों से पूछें। सिर पर जम्मू-काश्मीर, छाती पर ‘‘दिल्ली’’ बायें हाथ के मध्य पर ‘‘गुवाहटी’’ म...
- यहाँ से जो कुछ विचार ले करके आप जायेंगे कि यह कैसे पूर्ण हो सकता है?...? हम अपने वचन से पीछे नहीं हटेंगे। कैसे— रघुकुल रीति सदा चलि आई। प्राण जाए पर पचन न जाई॥ पन्द...
- यहाँ (कि) कितने चौबीस लक्ष के पुरश्चरण हो चुके हैं - आप जानते हैं?...? हर साल नवरात्रियों में चौबीस करोड़ का यहाँ पुरश्चरण हो जाता है। हर दिन यहाँ नौ कुण्ड के हवन में हजारो...
- यहाँ अनाचार कहाँ है?...? यहाँ गलतियाँ कहाँ हैं? कहीं नहीं हैं। हमारे भीतर जो कमजोरियाँ हैं, वही लौट-लौटकर दीवार पर आकर खड़ी ...
- यहाँ आकर के भगवान क्या करेगा, यहाँ आकर के देवी क्या करेगी, यहाँ आकर के आध्यात्मिकता क्या करेगी?...? ईश्वरचंद्र विद्यासागर को पाँच सौ रुपये तनख्वाह मिलती थी। उन्होंने अपने घरवालों से कहा कि आप लोगों को...
- यहाँ आपको धर्म- मंच के माध्यम से किस तरीके से लोक निर्माण करना पड़ेगा?...? सारे के सारे शिक्षण दिये जाते हैं। आपकी वाणी को खोला जाना है, जो आपका मुख्य हथियार होगा। जहाँ कहीं...
- यहाँ इतना तो समय नहीं है कि मैं सारी की सारी फिलॉसफी और तत्त्वज्ञान आपको अभी समझाऊँ, जिससे आप यह समझ पायें कि ऋषियों ने गायत्री को इतना महत्त्व क्यों दिया और उसके कलेवर का विस्तार करते-करते तीनों वेद क्यों बना दिये?...? ‘त्रैगुण्यां विषयः वेद विस्तारः’। नहीं साहब! तीन नहीं, चार वेद हैं। बेटे, वेद तीन ही हैं। सामवेद...
- यहाँ ऐसा वातावरण कहाँ है?...? यहाँ अयोध्या के जिस वातावरण में आप रहते हैं, वहाँ ऐसी कोई गुंजायश नहीं है, जो बताया जा सके। क्योंकि ...
- यहाँ ऐसे लोगों का सान्निध्य आपको मिला है जिसके लिए अगर आप सारे हिन्दुस्तान में घूमें और यह तलाश करें कि ऐसे प्राणवान सान्निध्य कहीं मिलेंगे क्या?...? ऐसे प्राणवान सान्निध्य प्राचीनकाल में तो शायद हुए हो पर आज आपको ऐसा आध्यात्मिकता का सही वातावरण अन्य...
- यहाँ ऐसे लोगों का सान्निध्य आपको मिला है जिसके लिए अगर आप सारे हिन्दुस्तान में घूमें और यह तलाश करें कि ऐसे प्राणवान सान्निध्य कहीं मिलेंगे क्या?...? ऐसे प्राणवान सान्निध्य प्राचीनकाल में तो शायद हुए हों, पर आज आपको ऐसा आध्यात्मिकता का सही वातावरण अन...
- यहाँ ऐसे लोगों का सान्निध्य आपको मिला है जिसके लिए अगर आप सारे हिन्दुस्तान में घूमें और यह तलाश करें कि ऐसे प्राणवान सान्निध्य कहीं मिलेंगे क्या?...? ऐसे प्राणवान सान्निध्य प्राचीनकाल में तो शायद हुए हों, पर आज आपको ऐसा आध्यात्मिकता का सही वातावरण अन...
- यहाँ का वातावरण कहाँ है?...? अयोध्या के वातावरण में आप रहते हैं, लेकिन यहाँ वातावरण की कोई गुंजाइश नहीं है। आपके सम्बन्धी रहते है...
- यहाँ कितने आपरेशन हुए?...? साहब! कोई आपरेशन नहीं हुआ। अच्छा कितने एक्सरे हुए? कोई नहीं हुआ। कितने इंजेक्शन लगे? एक भी नहीं लग...
- यहाँ किसलिए लाये हैं?...? अब आपको नंगा करेंगे। इससे क्या मतलब है आपका? अब हम आपके शरीर का वह हिस्सा देखेंगे, जो आपको नहीं दि...
- यहाँ कुछ कमी है क्या?...? यहाँ कोई कमी नहीं है। इसलिए यहाँ जो आपको बुलाया गया है, उसका एक कारण यह भी है कि आप से कहा जाए कि आप...
- यहाँ कुछ थोड़े से उदाहरण प्रस्तुत हैं जिससे यह जाना जा सकता है कि किस मंत्र की कौन ऋषिकाएँ हैं?...?...
- यहाँ कैसे पड़े हैं?...? हम यह तलाश करने के लिए पड़े हुए थे कि किसी के पास दिल भी है क्या? हृदय भी है क्या? हृदय मीन्स करुणा।...
- यहाँ कोई आता ही नहीं है?...? कोई नहीं आता? गाँव वाले बड़े जाहिल हैं। दवा लेने भी नहीं आते। गाँव वालों को बुलाया। पूछताछ की। क्यो...
- यहाँ कोई मिठाई मिलती है क्या आपको?...? यहाँ पंखे मिलते हैं क्या? यहाँ तो जमीन पर पड़े रहते हैं और बुरे तरीके से पड़े रहते हैं, रेलगाड़ियों में...
- यहाँ कोई लड़ाई हो रही है क्या?...? जहाँ लड़ाई होगी, वहाँ करेंगे। लड़ाई में क्या करेंगे, पहले शरीर को उसके लिए तैयार तो कर। हमको अपनी प्...
- यहाँ कौन किसका बड़प्पन मानता है?...? अपनी चिन्ता, समस्याओं से फुरसत नहीं फिर कौन किसका दर्प देखे और किसलिए, किस-किस समय किसी को सराहें? अ...
- यहाँ क्या करेंगे?...? जहाँ हमारी जरूरत होगी, वहाँ चले जाएँगे। सिस्टर निवेदिता हिन्दुस्तान आ गईं, एनीबेसेंट हिन्दुस्तान मे...
- यहाँ क्या-क्या काम कराये जाते हैं?...? कई चीजें कराई जाती हैं—संयम करा रहे हैं, वास्तविक बात यह है। आपको हमने कितनी बार कहा है कि आप आहार क...
- यहाँ क्यों नहीं हो रहा है?...? घर क्यों लगता है?
इसलिए लगता है कि व्यक्तिगत जीवन नहीं है, यह परोपकार वाला जीवन है। वह स्वार्थ है...
- यहाँ क्यों नहीं हो रहा है?...? घर क्यों लगता है? इसलिए लगता है कि व्यक्तिगत जीवन नहीं है, यह परोपकार वाला जीवन है। वह स्वार्थ है, य...
- यहाँ क्यों बुलाया है आपको?...? वातावरण का लाभ उठाने के लिए बुलाया है। यहाँ जो भी क्रिया-कृत्य आपसे कराये जा रहे हैं वह तो आप अपने घ...
- यहाँ क्यों बुलाया है आपको?...? वातावरण का लाभ उठाने के लिए बुलाया है। यहाँ जो भी क्रियाकृत्य आपसे कराए जा रहे हैं, वह तो आप अपने घर...
- यहाँ क्यों भेजते हो?...? इसलिए भेजते हैं कि सारे भतीजे यहीं रहते हैं, सबके सब यहीं रहते हैं। यहीं मकान बनायेंगे, मरेंगे तो यह...
- यहाँ गलतियाँ कहाँ हैं?...? कहीं नहीं हैं। हमारे भीतर जो कमजोरियाँ हैं, वही लौट-लौटकर दीवार पर आकर खड़ी हो जाती हैं उसके रूप मे...
- यहाँ जगह कहाँ से आयी?...? बिलकुल जगह नहीं है। आप वहाँ जाइये।
शक-सन्देह सभी जगह
आप किसी भी धर्मशाला में जाइ...
- यहाँ जैसा वातावरण कहाँ है?...? यहाँ अयोध्या जिस वातावरण में आप रहते हैं वहाँ ऐसी कोई गुंजाइश नहीं है कि बताया जा सके। क्योंकि यहाँ ...
- यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता है, क्या आप घर पर नहीं कर सकते थे?...? जरूर कर सकते थे। जो नियम और मर्यादा पालन करने के लिए यहाँ कहा गया है, वह हमारी पुस्तकें पढ़कर आप घर ...
- यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता है, क्या आप घर पर नहीं कर सकते थे?...? जरूर कर सकते थे। जो नियम और मर्यादा पालन करने के लिए यहाँ कहा गया है, वह हमारी पुस्तकें पढ़कर आप घर प...
- यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता है, क्या आप घर पर नहीं कर सकते थे?...? जरूर कर सकते थे। जो नियम और मर्यादा पालन करने के लिए यहाँ कहा गया है, वह हमारी पुस्तकें पढ़कर आप घर प...
- यहाँ जो भी क्रिया-कृत्य आपसे कराये जा रहे हैं, वह तो आप अपने घर पर नहीं कर सकते थे?...? खान-पान सम्बन्धी जो नियम-बन्धन आपको बताये गये हैं, क्या आप उसे घर पर नहीं कर सकते थे? क्यों नहीं कर ...
- यहाँ ठण्ड है, चाय नहीं पियेगा तो मरेगा क्या?...? चल! चाय पी।
कभी-कभी परिजनों को डाँट कर भी भोजन करा देतीं। एक बार एक परिजन श्री एस. एन. सिंह जी आये।...
- यहाँ तक कहा जाता है 'इसने तो गजब कर दिया, अभी से सिगरेट पीने और हजामत करने का शौक लगा है, आगे जाकर, राम जाने क्या करेगा?...? ' यही दशा छोटी लड़की की होती है। वह माँ का अभिनय करते समय ड्रेसिंग मेज के पास खड़ी हो पाउडर बिन्दी ल...
- यहाँ तक जो किस्सा था, मैंने सुना दिया है कि सच्चाई से प्यार करने वाला लोगों की दृष्टि में गरीब, किन्तु इज्जतदार आदमी कैसे होता है?...? आप तो भक्ति करते हैं। घंटी लिए बैठे रहते हैं और टुनन्-टुनन् करते हुए घंटरिया हिलाते रहते हैं। अर...
- यहाँ तो एक ही दिन में दो-दो बार ड्रामा होता है और वह हर बार हमारे सिर कट जाते हैं, ऐसे ही हम रोया करें, चिल्लाया करें तो हमारा क्या बिगड़ जाता है?...? मित्रो! दृष्टिकोण में जमीन-आसमान का फर्क पड़ जाता है, उस दिन जिस दिन आदमी को ये मालूम पड़ती है कि मैं ...
- यहाँ तो हमीं लोग रहते हैं, तो हमें क्या सिखाएँगे?...? बाहर वालों को सिखाने और सीखने के लिए आपको व्यावहारिक क्षेत्र में ही जाना पड़ेगा। पानी में तैरे बिना त...
- यहाँ दो निष्कर्ष निकलते हैं—एक यह कि राम की प्रतिभा पर विश्वास करके वरिष्ठ वानर भी उत्साह और साहस से भर गए थे अथवा राम दल के मूर्धन्यों ने सामान्य स्तर के वानरों को भी प्राण-चेतना से ओत-प्रोत कर दिया हो और समर्थ व्यक्तियों की एक अच्छी-खासी मण्डली बन गई हो?...? दूसरी ओर समर्थ शासनाध्यक्ष भी रावण की समर्थता और अपनी दुर्बलता को देखते हुए डर गए हों और झंझट में पड...
- यहाँ न भवानी दिख रही है और न शंकर, फिर किसकी वंदना कर रहे हैं?...? उन्होंने कहा कि श्रद्धा और विश्वासरूपी भवानी-शंकर हैं, उनकी मैं वंदना करता हूँ। बेटे, यह उनकी श्रद्ध...
- यहाँ पंखे मिलते हैं क्या?...? यहाँ तो जमीन पर पड़े रहते हैं और बुरे तरीके से पड़े रहते हैं, रेलगाड़ियों में आते हैं कितने धक्के खा कर...
- यहाँ पर हम लोगों को बुलायेंगे और बतायेंगे कि मनस्वी कैसा होना चाहिए?...? मन से कैसे लड़ना चाहिए? मन के विकृत होने से जिन्दगी कैसे खराब हो जाती है और मन को काबू में लाने से मन...
- यहाँ पाप कहाँ है?...? यहाँ अनाचार कहाँ है? यहाँ गलतियाँ कहाँ हैं? कहीं नहीं हैं। हमारे भीतर जो कमजोरियाँ हैं, वही लौट-लौ...
- यहाँ भगवान् ने आपका इम्तहान लेने, आपकी परीक्षा लेने के उद्देश्य से भेजा है कि आप इस बगीचे को प्यार-मोहब्बत दे सकते हैं या नहीं?...? आपकी बीबी नौवीं दरजा तक पढ़कर आई थी, आपने उसे आगे पढ़ाया या नहीं? केवल यह कह दिया कि हम तो गरम खाना ...
- यहाँ भी नहीं करेंगे, तो क्या करेंगे?...? केवल मात्र चिन्ह-पूजा करते रहेंगे? टाइमपास करते रहेंगे? नहीं, टाइमपास मत कीजिए, चिन्ह-पूजा मत कीजिए।...
- यहाँ भीड़-भाड़ बनी रहे, हल्ला-गुल्ला मचता रहे, ताकि लोग समझें कि इनके कितने अधिक चेले-चपाटे हैं?...? आपका यही ख्याल है न? नहीं साहब! हमारा यह ख्याल नहीं है। मित्रो ! मेरी जिन्दगी के दिन इतने नजदीक आते च...
- यहाँ लोहे का काम होता है?...? हाँ साहब! यहाँ कच्चा लोहा पकाया जाता है। अच्छा, तो लाइए, कच्चा लोहा दिखाइए। कच्चे लोहे में मिट्टी मि...
- यहाँ से जब जाएँ, तो क्या होते हुए जाएँ?...? आपका अन्तराल बदला हुआ हरेक को दिखाई पड़े। जो भी आये, हरेक को बदला दिखाई पड़े। आपकी पत्नी कहे—ये वह आदम...
- यहाँ से हम एक विचार, एक कार्य-पद्धति, प्रोसीजर पैदा करेंगे और न जाने क्या से क्या पैदा करेंगे?...? नये युग का आह्वान करने के लिए एक ऐसी फैक्ट्री की जरूरत थी जिससे युगशक्ति का उदय किया जा सके। ब्रह्मव...
- यहाँ हम अपने विश्वविद्यालय में, शान्तिकुञ्ज में जीवन जीने की कला सिखाते हैं और यह सिखाते हैं कि आज के गए-बीते जमाने में आप अपनी नाव पार करने के साथ-साथ सैकड़ों आदमियों को बिठाकर पार किस तरह से लगा पाते हैं?...? नाव चलाना भी एक कला है। हम आपको नाव दे दें व आपको नदी के किनारे छोड़ दें, कहें कि आप जाइए तो इतने मात...
- यहाँ हमने आपको दबोचा है क्यों?...? क्योंकि आप अपने सोचने के तरीके से लेकर रहन-सहन, आहार-विहार के तरीकों को जब तक इस गलत प्रकार से अख्ति...
- यहाँ हमारे शान्तिकुञ्ज में आप आये होंगे तो आपने देखा होगा कि हमने जड़ी- बूटियों का कितना बड़ा उद्यान लगाया हुआ है और इस उद्यान में से कितने आदमी फायदा उठाते हैं?...? आप भी घरेलू जड़ी- बूटी पैदा करके लोगों को दे सकते हैं, इलाज कर सकते हैं। चिकित्सक बनकर लोगों की बीमार...
- यहाँ, कहाँ रखा है गरम पानी?...? इसलिए सैकड़ों तरह के तप हैं। कभी रोटी मिली, कभी नहीं मिली। कभी कच्चा खा लिया, कभी पक्का खा लिया।
...
- यहाँ-वहाँ घूमते रहेंगे तो बताइए फिर काम कैसे बनेगा?...? कोई बच्चा भी के पेट में दंगल मचाए कि मम्मी मैं तो अभी नौ महीने पेट में नहीं रह सकता, जरा छुट्टी दे द...
- यही अध्यात्म है क्या?...? बेटे! नहीं, यह अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म कहीं होता तो आग की तरीके से जलता रहता, सूरज की तरीके से चम...
- यही अध्यात्म है?...? इसके अतिरिक्त और कुछ नहीं है। नहीं, साहब! अध्यात्म का तो मतलब कुछ और होता है। क्या मतलब होता है? बता...
- यही करती थी न?...? खैर आप अब दाढ़ी-मूँछ वाले हो गए हो, तो हमें वैसा कुछ नहीं करना है। हमारी बात अलग है। हम नहीं रहेंगे,...
- यही करते हैं न?...? और सुख में जब सब ठीक होता है, तब न कोई मैया याद आती है और न कोई बाप याद आता है और न भगवान याद आता है...
- यही कारण था कि हम हजार वर्षों तक गुलाम हो करके रहे, इसकी वजह क्या थी?...? पंद्रह सौ मुसलमान हिन्दुस्तान में आए और एक हजार वर्ष तक बुरी तरह से हमारे ऊपर हुकूमत करते रहे। कैसे-क...
- यही कारण था कि हम हजार वर्षों तक गुलाम हो करके रहे, इसकी वजह क्या थी?...? पंद्रह सौ मुसलमान हिन्दुस्तान में आए और एक हजार वर्ष तक बुरी तरह से हमारे हुकूमत करते रहे कैसे कैसे न...
- यही चाहते थे न आप?...? मक्कार कहीं के, बेटे को गलत रास्ते पर चलने के लिए प्रोत्साहित करेंगे।...
- यही चाहते हैं न आप?...? आप चाहते हैं कि आपका लड़का सिविल इंजीनियर हो जाए, ताकि वैगन के वैगन सीमेंट तथा लोहा खा जाए तथा एक वर...
- यही तो अर्थ होता है न इस कथा का?...? हाँ साहब! यही है। उन्होंने कह दी और हमने सुन ली। बस जीभ ने कही और कान ने सुन ली। सत्यनारायण की कथा...
- यही तो आपको बताया गया है न?...? हाँ साहब ! अगर सारी दुनिया पागल है तो मैं भी पागल हूँ। हाँ बेटे, यह दुनिया सब पागल है। यह भगवान को अ...
- यही तो आपको बताया गया है न?...? हाँ साहब। अगर सारी दुनिया पागल है तो में भी पागल हूँ। हाँ बेटे, यह दुनिया सब पागल है। यह भगवान को अह...
- यही तो प्रायश्चित है और क्या प्रायश्चित हो सकता है?...? इस प्रायश्चित को हमारे यहाँ इष्टापूर्ति कहते हैं, क्षतिपूर्ति भी कहते हैं। आपने जो नुकसान किया है चु...
- यही तो है—गंगास्नान और क्या है?...? गंगा में पानी है। गंगा और यमुना के पानी में कोई फरक नहीं है। अच्छा यह बात है तो मुझे आप कहने दीजिए। ...
- यही था न?...? बेटे, मैं एक और बात यह कह रही हूँ कि पूर्व में आपकी जो भावनाएँ थीं, वही विद्यमान रहनी चाहिए। जब हम उ...
- यही दिन थे, पचपन वर्ष पहले एक आया?...? कौन आया? मेरा सौभाग्य आया। वसन्त पंचमी के दिन हर एक का सौभाग्य आता है, एक उमंग आती है, एक तरंग आती ह...
- यही पूछना चाहते हैं न आप?...? चलिए, हम आपकी भाषा में ही बोलते हैं कि गुरु ने हमारा दिवाला निकाल दिया है। पैसे की दृष्टि से खाली कर...
- यही पूछना चाहते हैं न आप?...? चलिए हम आपकी भाषा में बोलते हैं कि गुरु ने हमारा दिवाला निकाल दिया है। पैसे की दृष्टि से खाली कर दिय...
- यही बताते हैं न?...? हाँ महाराज जी! यह तो बड़ी सरल विधि है। हमको एक सेकंड में आ गई थी। बेटे! यह एक सेकंड में सरल तो है, ल...
- यही बताते हैं न?...? हाँ महाराज जी! यह तो बड़ी सरल विधि है। हमको एक सेकेंड में आ गई थी। बेटे! यह एक सेकेंड में सरल तो है, ...
- यही बात मनुष्यों के सम्बन्ध में भी है, उनकी शारीरिक माँग और पाचन की स्थिति देखते हुए निर्णय करना पड़ता है कि कौन क्या खाये?...? कितना खाये?
यहाँ विचारणीय विषय यह है कि मनुष्य के सर्वाधिक महत्त्वपूर्ण तन्त्र मनःसंस्थान को प्रभाव...
- यही मत पूछ कि कहाँ से आएँगे?...? इनको हम पैदा करेंगे? गुरुजी रानी मक्खी हैं, वे इतनी सन्तान पैदा कर देते हैं कि पूछो ही मत।
भरोसा औ...
- यही मतलब है न आपका?...? आप मैटेरियल से मैटेरियल को देखना चाहते हैं। प्रकृति से प्रकृति को देखना चाहते हैं। फिर तो आपको भौतिक...
- यही मतलब है न तेरा?...? लेकिन पदार्थ का क्या मूल्य हो सकता है, क्या महत्त्व हो सकता है? पदार्थ को तो घर में चूहे भी खा जाते ...
- यही मैं बताने वाला था कि गायत्री का प्राण क्या हो सकता है?...? गायत्री के प्राण के बारे में हम आपको सबेरे प्रातःकाल ध्यान कराते हैं कि गायत्री की अनुकम्पा की वर्षा...
- यही लिखा है न आपने?...? नहीं साहब! अब ट्रैक्टर खरीदने से क्या फायदा! अब तो हम उसी पैसे से ब्याह-शादी करेंगे और तमाशा करेंगे।...
- यही लिखा है न आपने?...? नहीं साहब ! अब ट्रैक्टर खरीदने से क्या फायदा। अब तो हम उसी पैसे से ब्याह शादी करेंगे और तमाशा करेंगे...
- यही विचार-क्रान्ति है और ज्ञानयज्ञ क्या है?...? ज्ञानयज्ञ वह है जिसमें से सद्भावना का उदय होता है, श्रेष्ठता का उदय होता है। यही काम हमको और आपको कर...
- यही व्याख्या है न आपकी या और कुछ व्याख्या है?...? नहीं, और कुछ व्याख्या नहीं है। बेटे! ये बड़ी घटिया वाली बात है। ये सारे-के सिद्धान्तों का नाश कर देती...
- यही व्यावहारिक शिक्षण करने के लिए आपको पंद्रह दिनों के लिए हम भेज रहे हैं, ताकि आप यह जान सकें कि आपको जनसम्पर्क कैसे करना चाहिए?...? बातचीत कैसी करनी चाहिए? लोगों के सामने कैसे विचार व्यक्त करना चाहिए? लोगों के ऊपर अपने चरित्र की छाप...
- यही शब्द तो आप कहते हैं?...? क्या कभी आपने यह शब्द भी कहे हैं कि आप चौबीसों घण्टे काम में लगी रहती हो, बीमार हो जाती हो, बुखार हो ...
- यही शेर और यही चीते और यही हाथी और यही कुत्ते सरकस वाली कंपनी के जो सौ आदमी काम करते हैं सभी को खुराक देते हैं कपड़ा देते हैं, रोटी देते हैं पेंशन देते हैं प्राविडेण्ट फंड देते हैं सबके लिये इंतजाम करते हैं यही जानवर क्यों?...? इसलिये कि सिखा लिये गये हैं। सिखाये न गये होते तब तब यह खूँखार रहते इनको देखकर ही आदमी भाग खड़ा हो...
- यही सब लिखा था ना?...? हाँ, साहब! लिखा था। आपने इसको बहकाया-फुसलाया था कि नहीं? हाँ, साहब! बहकाया फुसलाया था। बात तो आप...
- यही सिद्धि है?...? हाँ बेटे, इसको मैं सिद्धि कहता हूँ। अगर कोई मुझसे पूछे कि सिद्धि किसे कहते हैं? बाजीगरी को? बेटे, बा...
- यही है और कौन-सी बताऊँ?...? एक बार मैंने एक अन्य कहानी आपको सुनाई थी। एक शिष्य की कहानी आपको सुनाई थी, जो अपने गुरु के पैर धोकर ...
- यही है कि दुनिया कैसे घिनौने रास्ते पर चलती रहती है, गए बीते रास्ते पर चलती रहती है, आप एक अच्छा रास्ता अख्तियार करते हैं, अपने पैरों पे खड़े हो जाते हैं, अपनी राह आप बना लेते हैं — ये क्या चमत्कार नहीं है?...? इससे बड़ा और क्या चमत्कार हो सकता है? आप (इ) इतना ही चमत्कार काफी मानिए। आप अपने भीतर से अन्त:प्रेरणा...
- यही है तेरा अध्यात्म?...? बाजीगर कहीं का, बाजीगरी सीखने आया है। क्या सिखाएँ? बाजीगरी सिखाइए, मिट्टी में फूँक मारिए और पैसा मँग...
- यही है तेरा अध्यात्म?...? बाजीगर कहीं का, बाजीगरी सीखने आया है। क्या सिखाएँ? बाजीगरी सिखाइए मिट्टी में फूँक मारिए और पैसा मँगा...
- यही है हमारे लोगों को जवाब, जो हमारे इतने बड़े संगठन और कार्यक्रमों की स्थिति को देखकर बराबर कहते रहते हैं कि आप अपने आदमी चुनाव में खड़े क्यों नहीं करते?...? आप राजनीति में क्यों नहीं आते? हम बार-बार यही कहते रहते हैं कि राजनीति का क्षेत्र बहुत छोटा, बहुत ...
- यही है हमारे लोगों को जवाब, जो हमारे इतने बड़े संगठन और कार्यक्रमों की स्थिति को देखकर बराबर कहते रहते हैं कि आप अपने आदमी चुनाव में खड़े क्यों नहीं करते?...? आप राजनीति में क्यों नहीं आते? हम बार-बार यही कहते रहते हैं कि राजनीति का क्षेत्र बहुत छोटा, बहुत क...
- यही हैं गुरुजी के शिष्य?...? नहीं बेटे! हमको यह कलंक मत लगवाना। हम आपसे निवेदन करते हैं कि सम्पूर्ण संसार में जो विभीषिका के बादल...
- यही होता है ना?...? हाँ, यही होता है। आप किसकी बात कह रहे थे? चिड़िया की, बाज की? नहीं बेटे! मैं तो सिद्ध पुरुषो...
- यहीं शान्तिकुञ्ज में कितने आदमी काम करते है?...? यहाँ २४० के करीब आदमी काम करते हैं। एक कुटुम्ब बनाकर बैठे हैं और उस कुटुम्ब को हम कौन-सी रस्सी से बा...
- या ऐसे ही मेहरबानी चाहते हैं?...? तो शान्ति आपको मिल जाएगी। क्यों साहब! नहीं आई तब? बेटे! शान्ति हमारे पास है। अपनी शान्ति में से एक ...
- या जिन्दा छोड़ेगा?...? महाराज जी! आपको जिन्दा कैसे छोड़ दूँगा। जिन्दा छोड़ देने के लिए मैंने क्या यह भक्ति की है? अब तो आपकी ...
- या डुबकी लगाने वाला काम खत्म हो जायेगा?...? क्या मोती तलाश करने वाली प्रक्रिया को हम समाप्त करेंगे? नहीं, समाप्त नहीं करेंगे।...
- या तो हनुमान जी रहेंगे या रामचंद्र जी रहेंगे?...? मैं तो लेकर के हटूँगा। भला ऐसे कैसे हो सकता है कि मैं हनुमान चालीसा पढ़ूँगा और हनुमान जी भाग जाएँ और ...
- या तो हनुमान् जी रहेंगे या रामचंद्र जी रहेंगे?...? मैं तो लेकर के हटूँगा। भला ऐसे कैसे हो सकता है कि मैं हनुमान् चालीसा पढ़ूँगा और हनुमान् जी भाग जाएँ...
- या दूसरे बच्चे जेब खर्च करेंगे तो वह क्या उनका मुँह ताकेगा?...? इस प्रकार भविष्य भाव से वे उसे जेब खर्च के नाम पर कुछ फिजूल खर्च अवश्य देते हैं।इतने पर भी वह बहुत क...
- या देवता आप पर अनुग्रह करते हैं या नहीं करते?...? अनुग्रह की एक ही जान-पहचान है। पण्डित नेहरू जिन दिनों कांग्रेस के वालंटियर कोर के कप्तान थे, उन्होंने...
- या बना सकते हैं क्या?...? समर्थ गुरु रामदास ने महावीर मन्दिर बनाए, कैसे बनाए? मिट्टी के (झोंपड़ो) मिट्टी के दीवारों के बने हुए...
- या मुक्ति के लिए कुछ कर रहे हैं?...? आपका क्या यही ख्याल है कि सिद्धियाँ और ऋद्धियाँ पाने के लिए हम तप कर रहे हैं? नहीं बेटे, यह तो हमन...
- या यही करने चले थे?...? इसका परिणाम क्या होगा? कभी सोचा है कि यह दुनिया कैसे जिएगी? दुनिया के कायदे कैसे रहेंगे, दुनिया के न...
- या यों ही फालतू बैठे रहते हैं?...? नहीं साहब! हम पूजा और सेवा दोनों करते हैं। हाँ भाई साहब! सेवा और पूजा का जोड़ा है। एक से ही गाड़ी नह...
- या हमने आपको जो बुलाया है, तो सम्मानपूर्वक नहीं बुलाया?...? क्या बात है, जरा बताइए तो सही?"
उस ब्राह्मण ने एक बात कही—"आप हैं राजा और मैं हूँ ब्राह्मण। अगर ...
- याद कर लिया?...? देख लो क...क...क। सब घर में ‘क’ लिखा है। अच्छा बाबा! ले ले चवन्नी। चवन्नी दे दी, फिर उसने कहा—तू तो ...
- युग अवतरण की सम्भावना गंगावतरण की तरह अद्भुत तो है, पर साथ ही इस तथ्य से भी इंकार कैसे किया जाए कि जो कभी चरितार्थ हो चुका है, वह फिर अपनी पुनरावृत्ति करने में असमर्थ ही रह जाएगा?...? युग सन्धि की वर्तमान वेला ऐसी ही उथल-पुथलों से भरी हुई है।मई ८९ में, ग्राम पंचायतों को विशेष अधिकार ...
- युग की मनीषा ध्यान रखती है कि आज के समय की जरूरत क्या है?...? पुराने समय का वह ढोल नहीं बजाती। वह युग को समझती है, देश को समझती है और परिस्थितियों के अनुरूप युग क...
- युग की माँग क्या है?...? (१०) विवाहोत्सव की योजना के सही आधार क्या हैं? कथाएँ —— (१) दिल्ली की अदालत में एक गबन की केस आया। ...
- युग की माँग क्या है?...? (१०) विवाहोत्सव की योजना के सही आधार क्या है?...
- युग की ज़रूरतें क्या हैं?...? युग की ज़रूरतें क्या हैं? आपकी इच्छा क्या है? अरे बाबा एक कोने में रखिए, आपकी इच्छा क्या है? हम कहते ...
- युग कैसा है?...? कैसा होगा? इन प्रश्नों का उत्तर यह पर्यवेक्षण करके दिया जा सकता है कि लोग क्या कर रहे है और क्या कर...
- युग क्या चाहता है?...? देवशक्तियाँ क्या चाहती हैं? और भगवान क्या चाहते हैं? भगवान जो चाहते हैं, उस काम को करने के लिए हमा...
- युग चेतना के प्रभात पर्व पर, उदीयमान सविता के आलोक को किस प्रकार भुलाया जाए?...? युग अवतरण की सम्भावना गंगावतरण की तरह अद्भुत तो है, पर साथ ही इस तथ्य से भी इंकार कैसे किया जाए कि ज...
- युग धर्म को समझने वाले आनन्द मठ जैसे संन्यासी कहाँ मिलते हैं?...? गरीबों, पिछड़ों का दुःख दर्द समझने तथा घर-घर जाकर भूदान यज्ञ की ज्योति जलाने वाले विनोबा अब चिराग लेक...
- युग निर्माण कब हो जाएगा?...? क्यों तू क्या करना चाहता है? मुझे क्या पता कब तक हो जाएगा? मित्रो! क्या करना पड़ेगा कि जब परम्पराएँ इस...
- युग निर्माण के आदमी कौन?...? जो सन्तों की परम्परा को जिन्दा रखने के लिए कमर बाँधकर खड़े हो गये, जो ब्राह्मण की परम्परा को जिन्दा ...
- युग निर्माण परिवार से बाहर भी तो असंख्य भावनाशील प्रतिभाएँ हैं, वे भी चुप क्यों बैठेगी?...? उनका प्रयास युग निर्माण परिवार से कम नहीं अधिक ही होगा और लक्ष्य तक पहुँचने की प्रक्रिया पूरी होकर ह...
- युग बदल जाएगा?...? जरूर बदल जाएगा। हमारे बिना भी बदल जाएगा? मैं आपको यकीन दिलाता हूँ कि आपके बिना भी बिलकुल बदल जाएगा। ...
- युग बदल जाएगा?...? जरूर बदल जाएगा। हमारे बिना भी बदल जाएगा? मैं आपको यकीन दिलाता हूँ कि आपके बिना भी बिलकुल बदल जाएगा। ...
- युग सन्धि की इस वेला में न्यायाधीश के फैसले की तरह हर जीवन्त को यह निश्चय करना है कि उसकी अगली भूमिका किस स्तर की हो?...? विवाह-शादी के धूमधाम वाले दिनों में, घर के हर छोटे-बड़े का उनकी क्षमता के अनुरूप छोटा-बड़ा योगदान हो...
- युग साहित्य में ऐसा कुछ न रहने पर उन पर भी जबरदस्ती कैसे लादा जाए?...? एक तो युग साहित्य का लेखन भी मात्र युगद्रष्टा के ही बलबूते का काम है, दूसरे उसके प्रकाशन में बड़ी पू...
- युग-आत्माओं को युग-प्रहरियों को युग को देखना पड़ेगा, युग की जरूरतें क्या हैं?...? इसकी आवश्यकताएँ क्या हैं? आपकी इच्छा क्या हैं? अरे बाबा! एक कोने में रखो आपकी इच्छा क्या है? हम कहते...
- युग-ऋषियों का उत्पादन, निर्माण कहाँ होता है?...? उस स्थान को ढूँढ़ पाना भी शोध का विषय बन गया है। न वैसा कुछ पढ़ने में किसी को रुचि है और न पढ़ाने मे...
- युग-सन्धि क्या है?...? युग-सन्धि उसे कहते हैं, जबकि दो महत्त्वपूर्ण चीजें आपस में बदलती हैं, जैसे संध्या का समय। एक संध्या ...
- युगऋषि कहते हैं कि मनुष्य, अन्य प्राणियों से श्रेष्ठ है, सृष्टि के नियंता की भूमिका में अपने को पाता है, क्यों?...? इसका कारण यह है कि मनुष्य ज्ञानार्जन कर सकता है। ज्ञानार्जन के भी दो पहलू हैं—हमारी सामाजिक उन्नति ...
- युगसंध्या किसे कहते हैं?...? इसका एक नमूना मैं आपको बता सकता हूँ। बताइए क्या हैं? बेटे, एक युग वह है जिस समय हम एक पेट में बैठे ह...
- युगसंध्या किसे कहते हैं?...? इसका एक नमूना मैं आपको बता सकता हूँ। बताइए क्या है? बेटे, एक युग वह है जिस समय हम एक पेट में बैठे हु...
- युगसन्धि के बारे में कई तरह के विचार हैं, कितनी ही तरह की मान्यताएँ हैं?...? उसमें एक यह कि एक पक्ष नष्ट होने वाला है और एक पक्ष जीवित होने वाला है। ऐसे समय को ‘प्रसव पीड़ा’ कहते...
- युद्ध में योद्धा का पराक्रम और साहस ही जीतता है, पर प्रत्यक्षतः लड़ाई तो हथियारों से होती है, भले ही वे लोहे जैसी सस्ती धातु के ही क्यों न बने हों?...? शास्त्र गहन अध्ययन के आधार पर लिखे जाते हैं, पर वह कृत्य तो उँगलियों के सहारे कागज-कलम की सहायता से ...
- युद्धबन्दी कितने हैं?...? -‘‘सिर्फ एक।’’‘‘एक! ’’ अशोक के आश्चर्य का ठिकाना न रहा।‘‘बाकी कलिंग के.....किशोर और वृद्ध, उन्होंने ...
- युद्धों में लगने वाली विपुल संपदा को यदि सिंचाई, स्वास्थ्य एवं शिक्षा व्यवस्था जैसे कामों में लगाया जा सके तो दुनिया में कितनी खुशहाली आ जाए कितनी निश्चितता हो जाए?...? अगर युद्ध के सिद्धान्त को मन में से निकाल दिया जाए और न्याय के सिद्धान्त को स्वीकार कर लिया जाए तो आदम...
- युधिष्ठिर ने क्या कहा?...? युधिष्ठिर ने कहा कि भगवन्! अभी हमारी समझ में नहीं आया है। अभी हम इस लायक नहीं बने कि आपके इस प्रश्न ...
- युधिष्ठिर बोले श्रीमान् जी पाठ तो याद हो गया है पर वह जीवन में उतरे नहीं तब तक उसकी क्या सार्थकता?...? अध्यापक और विद्यार्थी यह सुनकर अवाक् रह गये। (३) ऑफिस सैनिकों को डाँटे जा रहा था फिर भी लकड़ी का लट्...
- युवक बोला-महात्मन् आप पागल हुये हैं रुपयों के लिये शरीर कटवा दूँ?...? टालस्टाय बोले-नहीं बेटा! में यह कब कह रहा हूँ मैं तो समझा रहा हूँ कि एक लाख का शरीर लेकर भी तुम दुर्...
- युवक बोला-सुना है उन्होंने तारा की शादी सुग्रीव और मन्दोदरी की विभीषण से करादी थी क्या यह विधवा विवाह नहीं थे?...? पण्डित जी को कुछ बोलते नहीं बन रहा था। (५) एक सर्वेक्षण के अनुसार सन् १९१५ से लेकर अब तक भारतवर्ष में...
- युवराज कौन होता है?...? युवराज वो होता है, जो बाप का हाथ बँटाता है और बाप के कामों को अपने कन्धे पर उठाता है, युवराज उसी को क...
- यूँ मत बोल, तो फिर कैसे बोलूँ?...? तू ऐसे बोल जैसे कि भैरवी रागिनी गायी जाती है। गुरु जी सिखाइए। बेटा तू आ जाना हमारे पास हम तुझे सिखाय...
- यूपी गवर्नमेण्ट ने, केन्द्रीय गवर्नमेण्ट ने गुरुजी से यह कहा था कि आपने स्वतंत्रता संग्राम में कितना काम किया है?...? आपने तो अपने इलाके में किसानों की सारी की सारी जो लगान थी, माफ करा दी थी, आपने इतना काम किया है।
आ...
- यूरोप में सब गोरे रंग के रहते हैं, पंजाब में और सीमाप्रांत में भी सब गोरे रंग के रहते है तो क्या ये सब देवता हैं?...? नहीं बेटे! गोरी शक्ल से मेरा मतलब नहीं है। मेरा मतलब यह है कि जिनके विचार, जिनका व्यवहार, जिनके आचरण...
- यूरोप में सब गोरे रंग के रहते हैं, पंजाब में और सीमाप्रांत में भी सब गोरे रंग के रहते हैं तो क्या ये सब देवता हैं?...? नहीं बेटे! गोरी शकल से मेरा मतलब नहीं है। मेरा मतलब यह है कि जिनके विचार, जिनका व्यवहार, जिनके आचरण,...
- ये कौन कह रहा था?...? सिनेमा वाला कह रहा था॥ उपासना नीरस, उबाऊ क्यों?— मित्रो! हमारे नाच में एक चीज का अभाव है, जिसको हम ...
- ये अकल का काम है कि हाथ से कैसे सूत काता जाए?...? मोटा हो गया, महीन हो गया कि ऊँचा हो गया, कि नीचा हो गया। बुढ़िया बहुत अकल का काम करती है। बुढ़िया हाथ ...
- ये अक्षत, नैवेद्य कहाँ हैं दिखाना जरा?...? शक्कर की गोलियाँ नहीं, भगवान् का नैवेद्य है—हमारे श्रमदान के साथ-साथ में हमारा अंशदान। हमारी कमाई का...
- ये आ कैसे गए?...? आपको मालूम है, कैसे आ गए? ये बेटे! अपने आप नहीं आए हैं। सही मानना, एक भी अपने आप नहीं आया। ये खींच-ख...
- ये आँसू कहाँ से आते हैं?...? बेटे! ये आँसू वाल्मीकि की आँखों के आँसू हैं और ये क्रौंच पक्षी की आँखों के आँसू हैं, जो वाल्मीकि के ...
- ये आदमी की चेतना का चमत्कार है न, तू समझता क्यों नहीं है?...? चेतना को अगर सँवारा जा सके, चेतना को अगर सँजोया जा सके तो आदमी क्या हो सकता है? हम नहीं कह सकते कि आ...
- ये आदमी कौन है?...? आप गरीब हैं, सस्ता कपड़ा पहने हैं कोई हर्ज नहीं। आपका कपड़ा फट गया हो, तो भी कोई बात नहीं। साबुन आप ...
- ये आपका कोई लगता है?...? हमारा कोई नहीं है। फिर क्या बात है? उसकी अपनी खूबसूरती है। आप भी अपनी खूबसूरती पैदा क्यों नहीं क...
- ये आपकी क्या है?...? जिज्ञासा है। प्रत्येक कर्मकाण्ड देखने से खिलवाड़ मालूम पड़ते हैं। चावल चढ़ा दिया गणेश जी पर। काहे के लि...
- ये आपकी क्या है?...? जिज्ञासा है। प्रत्येक कर्मकाण्ड देखने से खिलवाड़ मालूम पड़ते हैं—बच्चों जैसे। खिलवाड़ मालूम पड़ते है...
- ये आपके कौन हैं?...? ये हमारे जमाई हैं। जमाई को आप क्या देंगे? जमाई को मिठाई खिलायेंगे, चाय पिलायेंगे, काफी पिलायेंगे ...
- ये आपके लिए क्या उपद्रव पैदा कर सकते हैं?...? । हरेक को स्वावलम्बी बनाइये, आप उन्हें संस्कारवान् बनाइये। जो भी आपके कुटुम्ब में है, अगर आप स्वावलम...
- ये आपको खाली हाथ जाने देंगे क्या?...? नहीं, यह तीनों शक्तियाँ ऐसी हैं, जो बराबर आपकी सहायता करने को आमादा हैं और गाय की तरह सच्चे मन से चा...
- ये आपने देखे हैं?...? हमने नहीं देखे हैं। हमने तो एक बात देखी और देखकर के बड़ी गड़बड़ पैदा हो गई थी। फिर हमने विचार ही बदल दि...
- ये ईंटें क्या हैं?...? मामूली मिट्टी है, जो पानी में बरसते ही बह जाती है; लेकिन जब उसको तपा देते हैं आग में, तो ईंट कैसी मज...
- ये उदाहरण इस बात के प्रमाण हैं कि पारिवारिक जीवन में पुरुष और नारी दोनों की समानता होते हुए भी मुख्य भूमिका किसकी है?...? यह तय करना हो तो ध्यान स्त्री पर अपने-आप केन्द्रित हो जाता है, क्योंकि अन्तरंग व्यवस्था से लेकर पारिवा...
- ये उदाहरण इस बात के प्रमाण हैं कि पारिवारिक जीवन में पुरुष और नारी, दोनों की समानता होते हुए भी मुख्य भूमिका किसकी है?...? यह तय करना हो, तो ध्यान स्त्री पर अपने आप केन्द्रित हो जाता है; क्योंकि अन्तरंग व्यवस्था से लेकर पार...
- ये ऐसी पुस्तकें हैं जो आपको यह बतलावेंगी कि कैसे जीना चाहिए, क्या करना चाहिए?...? आपकी धारणा में उत्तम ज्ञान भर देगी, कल्पना में उत्तम चित्र अंकित कर देंगी। श्रेष्ठ मनोभावों को उभार ...
- ये कदम क्या हैं?...? इसमें चौबीस लाख घरों में, चौबीस लाख कुटुम्बों में एक-एक कुण्ड का छोटा-सा यज्ञ होगा। उसको पुरुष भ...
- ये कब पैदा हुईं?...? ये बेटे! अभी जुलाई में पैदा हुई थीं। जुलाई में पैदा हुईं और जनवरी में एम० ए० हो गईं? नहीं साहब! माता...
- ये कब पैदा हुईं?...? ये बेटे! अभी जुलाई में पैदा हुई थीं। जुलाई में पैदा हुईं और जनवरी में एम०ए० हो गईं? नहीं साहब! माता ...
- ये कमीने आदमी मालदार भी हों तो क्या, अमीर भी हो जायें तो क्या?...? अमीर और मालदार और ज्यादा खाने वाले और ज्यादा पहनने वाले लोग अगर देश में पैदा किए जायें, तो उससे देश ...
- ये करें तो आफत आ जाएगी और ये कैसे होगा?...? इसका जो भय है, वास्तव में वही दिक्कत का कारण है। अगर आप आध्यात्मिक जीवन पर चलें, पंचशील का जीवन जिएँ...
- ये करेंगे तो आफत आ जाएगी और ये कैसे होगा?...? इसका जो भय है, वास्तव में वही दिक्कत का कारण है। अगर आप आध्यात्मिक जीवन पर चलें, पंचशील का जीवन जिएँ...
- ये करोड़ों रुपये का हवाई जहाज पैदा करने की शक्ति किसी और में है?...? आप उसी तरह की शक्ति पैदा कीजिए। आप इस समय अपनी सारी आकांक्षाओं को और इच्छाओं को सिर्फ इस काम में लगा...
- ये कर्मकाण्ड मैंने किए हैं, तो क्या कर्मकाण्डों के माध्यम से मुझे यहाँ तक पहुँचने का रास्ता मिल गया है?...? उन्हें पाने का मौका मिल गया है? नहीं केवल छोटे से रास्ते से और केवल कुछ प्रयोग करने के तरीके से—जैसे...
- ये कल्पना क्यों नहीं करते?...? सुनहरे ख्वाब देखना नहीं आता? सुनहरे सपने सजाना नहीं आता? आप सुनहरे सपना संजोया कीजिए। निराशा के विचा...
- ये कल्पना क्यों नहीं करते?...? सुनहरे ख्वाब देखना नहीं आता? सुनहरे सपने सजाना नहीं आता? आप सुनहरे सपनों से सजा कीजिये। निराशा के वि...
- ये कहाँ से आ गयी?...? इसका आपको इतिहास और हिस्ट्री बताता हूँ कि ये आखिर हैं कौन चण्डी? एक बार ऐसा हुआ देवताओं और राक्षसों ...
- ये कहाँ से आ गयीं देवी?...? इस देवी की ‘स्कन्दपुराण’ में और ‘मार्कण्डेय पुराण’ में, देवी भागवत् में, जहाँ से भी ये लिया गया है। ...
- ये कहाँ से आएँ?...? आज तो इनका अभाव दीखता है। रात्रि के सन्नाटे को चीरती हुई प्रातःकाल में जिस प्रकार चिड़ियों की चहचहाहट...
- ये कहाँ से पैदा हुए?...? ये मंत्रों से पैदा हुए। उसे किसने बोला था? शृंगी ऋषि ने बोला था।मित्रो! आहार-विहार के सम्बन्ध में ...
- ये कहाँ से लाए?...? बेटा ! एक घण्टे रोज के हिसाब से इसका हमने संयम किया है। यह समय के संयम का प्रतिफल है।
काल और ...
- ये कहाँ से लाए?...? " बच्चों ने कहा—"अपने माता-पिता के लिए लाए हैं। जब हम बड़े हो जाएँगे, तो आपको इन्हीं बरतनों में खाना...
- ये कहाँ हैं आपके?...? इनमें से तो कोई कायस्थ है, कोई बनिया है। अरे बेटे! इसलिए कि इन्हें हम अपना मानते हैं, ये हमारे और हम...
- ये कहाँ हैं आपके?...? इनमें से तो कोई कायस्थ है, कोई बनिया है। अरे बेटे! इसलिए कि इन्हें हम अपना मानते हैं, ये हमारे और हम...
- ये काम भगवान कर सकते हैं?...? मैं सोचता हूँ भगवान भी नहीं कर सकते; क्योंकि भगवान ने कर्म की व्यवस्था ऐसी बना दी कि वह अपने बाप की ...
- ये कामनाएँ कभी पूरी नहीं हो सकती?...? हाँ बेटे! ये कभी पूरी नहीं हो सकतीं। जितनी तेरी कामनाएँ पूरी होती चली जाएँगी, उतनी ही उसी हिसाब से त...
- ये कामनाएँ कभी पूरी नहीं हो सकतीं?...? हाँ बेटे! ये कभी पूरी नहीं हो सकतीं। जितनी तेरी कामनाएँ पूरी होती चली जाएँगी, उतनी ही उसी हिसाब से त...
- ये काहे की ताकत है?...? बन्दूक की। बन्दूक की तो नहीं है। बारूद की? नहीं, बारूद की भी नहीं है। ये ताकत काहे की है, जिससे सनसन...
- ये काहे के लिए जप कर रहा है?...? घर जाऊँगा। काहे से घर जाऊँगा? मंत्र जप के प्रताप से। और योद्धा कैसे बन जाएगा? जप करने से और महात्मा ...
- ये कितनी गन्दी और घृणित भावना थी?...? युगनिर्माण योजना ने यह प्रयास किया कि हर व्यक्ति को यह बताया जाय कि भगवान् कोई व्यक्ति नहीं है, बल्क...
- ये कितने के हैं?...? चार सौ के हैं, पर अब सही हीरा बनने के लिए तैयार हो जाइए। फिर देखिए आपकी बोली कितने की लगेगी? करोड़ों...
- ये कितने घण्टे रहती है?...? पाँच घण्टे। इसके बाद जो उन्नीस घण्टे रह जाते हैं, उसमें मेरे पास ऐसे-ऐसे लोग रहते हैं कि कभी आप किवाड़...
- ये कितने दाम की है?...? गुरु जी ! ये तो ढाई पैसे की मालूम पड़ती है। इसमें सारा सामान अर्थात धूपबत्ती भी शामिल है, अक...
- ये किस काम आ सकता है?...? यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम आ सकता है? कामवासना के सेवन करने में आता है। हँसी मजाक करने के का...
- ये किसका राज्य था?...? चन्द्रगुप्त मौर्य का। महाराज जी! चन्द्रगुप्त मौर्य को चक्रवर्ती कैसे बना दिया? कहाँ पढ़ा था वह? क्या-...
- ये किसका है?...? एक अदृश्य सत्ता है, जिसके ऊपर हमारा भरोसा और विश्वास है। जिसने अब तक नैया पार लगाई है, वही लगा रही ह...
- ये किसकी आदत है?...? ये राजहंस की आदत है। राजहंस की आदत अगर आपको स्वीकार हो, तो फिर आप आगे बढ़िए। अब गायत्री माता पूरी हो ...
- ये किसकी किताब है?...? बेटे ये लड़ाई की किताब है, झगड़े की किताब है, मार-काट की किताब है, हत्याखोरी की किताब है, खून बहाने ...
- ये किसकी किताब है?...? बेटे ये लड़ाई की किताब है, झगड़े की किताब है, मार-काट की किताब है, हत्याखोरी की किताब है, खून बहाने ...
- ये किसकी बात है?...? नास्तिकों की, वैज्ञानिकों की, बुद्धिवादों की। इन्होंने फिजाँ बिगाड़ी है? नहीं इनसे ज्यादा उन धार्मिको...
- ये किसकी मूर्ति बनाकर लाए?...? भैरव जी की बनाकर लाए। भैरव जी का मुँह ऐसा क्यों है? अरे साहब! इनका मुँह तो ऐसा ही है। अच्छा ये देवी ...
- ये किसकी मूर्ति बनाकर लाए?...? भैरव जी की बनाकर लाए। भैरव जी का मुँह ऐसा क्यों है? अरे साहब! इनका मुँह तो ऐसा ही है। अच्छा ये देवी ...
- ये किसकी सिद्धि हो गई?...? ये बाहर की सिद्धि हुईं। ईश्वर, जीव और प्रकृति तीन होते है। मैं पहले जीव की बात कह रहा था। जीवात्मा क...
- ये किसकी हिम्मत, किसकी दिलेरी थी किसकी बहादुरी थी?...? उसकी थी, जो डाकू था और खूँखार था। जीवन्त बनाम मुरदे मित्रो! भगवान् जहाँ कहीं भी अपना अंश देता है, विभ...
- ये किसकी हिम्मत, किसकी दिलेरी थी, किसकी बहादुरी थी?...? उसकी थी, जो डाकू था और खूँखार था। जीवन्त बनाम मुरदे मित्रो! भगवान जहाँ कहीं भी अपना अंश देता है, विभू...
- ये किसकी है साधना?...? हर चीज की है।...
- ये किसने कहा है?...? गीताकार ने कहा है, उद्धरेदात्मनात्मानं नात्मानमवसादयेत्। अपने आपको उठाओ, अपने आपको गिराओ मत। अपने आप...
- ये किसने कहा है?...? गीताकार ने कहा है, उद्धरेदात्मनात्मानं नात्मानमवसादयेत्। अपने आप को उठाओ, अपने आप को गिराओ मत। अपन...
- ये किससे कर सकते हैं?...? यह सिद्धियों की बात कह रहे हैं, समझदारों की बात कह रहे हैं कि हमारे भीतर जितनी विशेषताएँ हैं, उन्हें...
- ये कुत्ता मारा गया, मर जाने दीजिए, कोई बात नहीं, कुत्ता नया पाल लेंगे; लेकिन एक बात बताइये—आपने ये बाण विद्या किससे सीखी है?...? उसी से हम भी सीखने के इच्छुक हैं, सो उसने मिट्टी के खिलौने की तरफ इशारा किया। ये है हमारा गुरु, इन्ह...
- ये कैबरे हाउस क्या होते हैं?...? पहले औरतें वैसे नाचा करती थीं। अब उस साधारण नाच से आदमी का मनोरंजन नहीं होता, इसलिए उसे कैबरे डांस क...
- ये कैबरे हाउस क्या होते हैं?...? पहले औरतें वैसे नाचा करती थीं। अब उस साधारण नाच से आदमी का मनोरंजन नहीं होता, इसलिए उसे कैबरे डांस क...
- ये कैसा रहा प्यार आपका?...? नहीं हमारा प्यार ऐसा ही है। हमारा प्यार ऐसा होता है जैसे कि भेड़िये का। भेड़िये का प्यार कैसा होता है?...
- ये कैसा वाला अज्ञान?...? ये कैसा वाला अज्ञान, जिसने हमारी निष्ठाओं को, जिसने हमारी श्रद्धाओं को एक केन्द्र पर इकट्ठा करने की ...
- ये कैसी ये अन्धविश्वास की बात है?...? और कैसी अन्धविश्वास की बात है कि स्त्रियों के ऊपर ऐसे बन्धन लगाये जाते हैं, उनको पर्दे में रहना चाहि...
- ये कैसी लक्ष्मी जी हैं?...? ये तो बिरला के बराबर भी धनवान नहीं बना सकीं और टाटा के बराबर भी नहीं और मफतलाल के बराबर भी नहीं बना ...
- ये कैसी लक्ष्मी जी हैं?...? बेटे! जैसी तैने माँगी थी, वैसी लक्ष्मी जी मैंने दे दी। नहीं साहब! हमको असली लक्ष्मी दीजिए और हमको बि...
- ये कैसी शिक्षा है?...? यदि भगवान नहीं आया होता जीवन में तो तुलसीदास कैसे सक्षम होते, आप भक्तों का उद्धार करने में?
सन्त क...
- ये कैसी शिक्षा है?...? यदि भगवान नहीं आया होता जीवन में तो तुलसीदास कैसे सक्षम होते, आप भक्तों का उद्धार करने में?
सन्त...
- ये कैसे आ गया?...? हमें भी आप ये विद्या सिखा दीजिए। हमें भी कोई मन्त्र सिखा दीजिए। नहीं कोई मन्त्र नहीं है ऐसा। कोई ऐसा...
- ये कैसे उत्पन्न हो गया?...? क्योंकि वे देवता थे पहले जन्मों के, देवताओं की भावनाएँ इसी तरीके की होती हैं।...
- ये कैसे किया जा सकता है?...? भगवान कहाँ रहते हैं? विष्णु भगवान कहाँ रहते हैं? कृष्ण को मरे हुए मुद्दतें हो गईं, तो अब किस तरीके स...
- ये कैसे गड़बड़ हुई?...? ये केवल एक ही कारण है कि आदमी को सही चिन्तन न मिल सका - सही चिन्तन के अभाव में सारे जीवन की ये मोटर ...
- ये कैसे बात बनी?...? ये तपस्वी की बात कह रहा हूँ।
आपने शृंगी ऋषि का नाम सुना है। शृंगी ऋषि उन महात्मा का नाम है, जिनके ...
- ये कैसे बात बनी?...? ये तपस्वी की बात कह रहा हूँ मैं। आपने शृंगी ऋषि का नाम सुना है? शृंगी ऋषि उन महात्मा का नाम है, जिनक...
- ये कैसे मरेंगे?...? राजसूय यज्ञ किया गया।उस यज्ञ से आकाश-अन्तरिक्ष की शुद्धि की गई। अन्तरिक्ष की शुद्धि के लिए और उन सबके ...
- ये कैसे सम्भव हुआ?...? क्योंकि वे देवता थे पहले जमाने में। देवताओं की भावनाएँ उसी तरह की होती हैं। स्वार्थियों की भावनाएँ, ...
- ये कैसे सम्भव हुआ?...? यह इसलिए कि ठीक समय पर, ठीक वस्तु का, ठीक पात्र के हाथ में समर्पण हुआ।आज इसी की माँग है। युग बदल रहा...
- ये कैसे सम्भव है?...? ये इसी तरह सम्भव है। कैसे? जैसे, जैसे कि संसार के प्रत्येक महापुरुष ने अपने-अपने समय का ठीक तरीके से...
- ये कैसे सम्भव है?...? ये इसी तरह सम्भव है। कैसे? जैसे कि संसार के प्रत्येक महापुरुष ने अपने-अपने समय का ठीक से नियमन किया ...
- ये कैसे साधे जाते हैं?...? बेटे, यह रिंगमास्टर के हंटरों से साधे जाते हैं। वह उन्हें हंटर मार-मारकर साधता है। अगर उन्हें ऐसे ही...
- ये कैसे हुआ?...? वे बराबर समय का विभाजन करते रहे, अन्य भाषाओं को सीखते-पढ़ते रहे। अब्राहम लिंकन जब सड़क से निकलते थे, त...
- ये कैसे हो सकता है?...? इसका सिद्धान्त कौन-सा है? ये मेथड कौन-सा है? अच्छा तो आप ऐसा कीजिए कि स्कूल में भरती हो जाइए। बी०...
- ये कैसे हो गए थे?...? उन्होंने कौन-सा मंत्र जपा था? बगलामुखी का जपा था। बगलामुखी कैसी होती है? बगलामुखी ऐसी होती है.....। ...
- ये कैसे हो गया?...? इतने लम्बे जीवन का आप हिसाब लगा लीजिए। मैं आपको हिसाब लगाकर बता सकता हूँ कि आदमी इतने लम्बे जीवन में प...
- ये कैसे हो गया?...? ये कायाकल्प हो गया शिवाजी का। वो शिवाजी जो माता के पेट में से पैदा हुआ था, घर-गृहस्थी में गुजारा करत...
- ये कैसे हो गया?...? अदूरदर्शिता के कारण से। दूरदर्शिता अगर उस बच्चे में रही होती, तो उसने ऐसे कदम न उठाए।...
- ये कैसे हो गया?...? इतने लम्बे जीवन का आप हिसाब लगा दीजिए। मैं आपको हिसाब लगाकर बता सकता हूँ कि आदमी इतने लम्बे जीवन में प...
- ये कैसे हो पाया?...? वे ब्रह्मचारी थे। ये इन्द्रिय-निग्रह की बात है। स्वामी दयानन्द के विषय में सुना है आपने? एक बार दो स...
- ये कैसे हो रही हैंं?...? ये वातावरण के दूषित होने की वजह से हो रही हैं। इसकी प्रेरणा वातावरण से मिलती है। वातावरण से प्रकृति ...
- ये कैसे हो सकता है?...? बेटे, यह तेरे आँखों का राक्षस, आँखों का शैतान, आँखों का पशु और आँखों का पिशाच तेरे दिल दिमाग में छाय...
- ये कैसे हो सकता है?...? इसके लिए छोटा-सा तरीका हमने बताया है और वह ज्ञानरथ है। झोला पुस्तकालय पहले वाला था। आप जाइए, सम्पर्क ...
- ये कैसे हो सकता है?...? अच्छा तो आप ये किया कीजिए कि आप की भूख ठीक है और खुराक भी अच्छी है। हाँ! बिलकुल ठीक है। आप खाना ...
- ये कैसे हो सकता है?...? ये भी तपश्चर्या से होगा। अगर आप तपश्चर्या नहीं कर सकते, अर्थात अपने आप पे संयम नहीं लगा सकते, अपने आ...
- ये कैसे हो सकता है?...? उनको मरे तो बहुत दिन हो गए, उनको मरे हुए बहुत दिन हो गए पर साहित्य को मरे हुए बहुत दिन नहीं हुए। आप ...
- ये कैसे हो सकता है?...? आप अपने आप। अपने आपसे क्या मतलब? सुपर चेतना, जो हमारे भीतर है, जिसके बारे में सुबह में बताया गया है।...
- ये कैसे हो सकता है?...? इसके लिए छोटा सा तरीका हमने बताया है और वह ज्ञानरथ है। झोला पुस्तकालय पहले वाला था। आप जाइए सम्पर्क ब...
- ये कैसे हो सकता है?...? बेटे, यह तेरे आँखों का राक्षस, आंखों का शैतान, आंखों का पशु और आंखों का पिशाच तेरे दिल दिमाग में छाय...
- ये कैसे हो सकता है?...? ये भी तपश्चर्या से होगा।...
- ये कैसे हो सकता है?...? ये फिजूलखर्ची की बात है। पैसा फिजूलखर्ची में खर्च होगा, तो यह सब आफत क्यों न आएँगी, बताइये, इसलिए पै...
- ये कैसे हो सकता है?...? आप देवताओं की शान में ऐसी बात कह रहे हैं। देवताओं की शान में हम सही बात कह रहे हैं। देवताओं ने मनुष्...
- ये कैसे हो सकता हैं?...? बेटे, यह तेरे आँखों का राक्षस, आँखों का शैतान, आँखों का पशु और आँखों का पिशाच तेरे दिल दिमाग में छाय...
- ये कैसे हो सका?...? साध लिया, साधना के द्वारा। साधना जिस तरीके से जंगली जानवरों की जा सकती है उसी तरीके से, उसी तरीके से...
- ये कैसे हो सका?...? साधना के द्वारा। साधना जैसे जंगली जानवरों की, की जा सकती है। साधना अगर न की जाए तब? आदमी प्राकृतिक र...
- ये कोई आधार थोड़े ही हैं, जिनके आधार आप न जाने क्या-क्या सपने देखते रहते हैं?...? ये तो वास्तव में माध्यम हैं कि आपके व्यक्तित्व का कैसे विकास हो? व्यक्तित्व का विकास न हुआ इनके मा...
- ये कोई आधार थोड़े ही हैं, जिनके आधार पर आप न जाने क्या-क्या सपने देखते रहते हैं?...? ये तो वास्तव में माध्यम हैं कि आपके व्यक्तित्व का कैसे विकास हो? व्यक्तित्व का विकास न हुआ इनके माध्...
- ये कोई बात है?...? ख्वामखाह के पागल आदमी!इस तरीके से बेवकूफ और वाहियात लोगों की बातों को मान कर के हम किस तरह से न्याय ...
- ये कोई भगत हैं?...? डाकू हैं। आप जहाँ कहीं भी जाइये, हर जगह आदमी को इतना स्वार्थी पायेंगे, जिसके लिए न कोई देवी बाकी रह ...
- ये कोई साहित्य है क्या?...? जो आदमी को अधःपतन की ओर ले जाता है, गिरावट की ओर ले जाता है। जो कुछ भी हम देखते हैं ज्ञानवर्द्धन का ...
- ये कौन आ गये?...? ये वो हैं जो गायत्री मन्दिर में अनुष्ठान कर रहे थे। ये स्वर्ग क्यों आ गये? इन्होंने स्वर्ग को भी नर...
- ये कौन कर रहा है?...? भगवान कर रहा है। तो भगवान को गाली दें? नहीं, मैं गाली नहीं दे सकता, आप गाली दीजिए। तो फिर आप क्या कह...
- ये कौन कहता था?...? डार्विन से लेकर फ्रॉयड तक ने यही बातें कहीं।
इनसानी जीवन तबाह हो जाएगा
मित्रो! अभी...
- ये कौन कहता है?...? ये हमारी माँ कहती है। और बीबी कहती है कि आप रिश्वत लिया करें और हमारे लिए सोने की अँगूठी बनवा दें। ह...
- ये कौन कहेंगे?...? हिरन? आपको हिरन पकड़ने हों, तो आप यही करना और क्या काम करें? जंगल में आप चले जाइए। जंगल में आप जाइए औ...
- ये कौन जा रहे हैं?...? हिप्पी साहब जा रहे हैं? क्या मामला है? आप ऐसे क्यों रहते हैं? इसलिए कि सब हमारी शक्ल देखें और कहें क...
- ये कौन थे?...? सहायक थे, जो अवतार के सहायक के रूप में आये थे। गाँधी अकेले आये थे? अकेले नहीं आये थे। उनके साथ टीम आ...
- ये कौन थे?...? ये ब्राह्मण थे। ब्राह्मण देवता थे। ब्राह्मण देवता हैं? हाँ, देवता होते थे। देवता कौन? जिन्होंने मुट्...
- ये कौन दे रही थी?...? वरदान, काली दे रही थी? काली नहीं दे रही थी बेटे! रामकृष्ण परमहंस की श्रद्धा दे रही थी, जो पत्थर से ट...
- ये कौन नहीं कहता?...? लेकिन दूसरों की गलतियों को प्रेम से सुधारा जाना चाहिए, उनको बताया जाना चाहिए, उसको सन्तुलित होकर के ठ...
- ये कौन बोल रहा है?...? बेटे! ये भगवान बोल रहा है। जिन शब्दों में, जिस नीयत के साथ इस गुंबद में हम जो कुछ बोलते हैं वह लौटकर...
- ये कौन बोल रहा है?...? ये शंकर भगवान बोल रहे हैं। कहाँ बैठा हुआ है? ये हृदय में बैठा हुआ है। दिखाई नहीं पड़ता क्या? नहीं महा...
- ये कौन बोल रहा है?...? ये माइक बोल रहा है। माइक नहीं बोल रहा, हम बोल रहे हैं। हमारा हलक नहीं बोल रहा, हमारे विचार बोल रहे ह...
- ये कौन लाये थे?...? हनुमान जी लाये थे। अपने आप आये थे? नहीं, अपने आप तो रीछ-बन्दर भी नहीं आये थे; अपने आप तो नल-नील भी न...
- ये कौन ले जाता है?...? ये तीन चुडैलें जोर से पकड़ लेती हैं—एक हथकड़ी के रूप में, एक बेड़ी के रूप में और एक कमर के रस्से के ...
- ये कौन ले जाता है?...? ये तीन चुड़ैलें जोर से पकड़ लेती हैं-एक हथकड़ी के रूप में, एक बेड़ी के रूप में और एक कमर के रस्से के रू...
- ये कौन लोग थे?...? इनको जवान आदमी कहते हैं। आज जब कम उम्र के व्यक्ति जरा-जरा बात पर निराशा की बात करते हैं, निराशा की ब...
- ये कौन लोग थे?...? इनको जवान आदमी कहते हैं। आज जब कम उम्र के व्यक्ति जरा सी बात पर निराशा की बात करते हैं, निराशा की बा...
- ये कौन सी किताब ले आए गुरुजी?...? आप तो पहले शान्ति की किताब ले आए थे, पर अब तो आप अशान्ति की किताब लाए हैं। शान्तिकुञ्ज में अशान्ति की...
- ये कौन सी खुशियाँ हैं?...? ये चीजें मिलने की वजह से खुशियाँ होती हैं। ये खुशियाँ होती तो हैं, पर थोड़ी देर के लिए ही ठहरती हैं,...
- ये कौन सी ताकत थी?...? ये रूहानी ताकत थी। ये आध्यात्मिक ताकतें थीं। आध्यात्मिक ताकतें कैसी होती हैं? इसे आप इतिहास में देखि...
- ये कौन सी सभ्यता थी?...? ये दैवीय सभ्यता थी, जिसने राक्षसों को परास्त किया। तो क्या रामचन्द्र जी ने रावण को मार डाला था? बेटे...
- ये कौन से क्लास में पढ़ रहे हैं?...? साइकोलॉजी में एम० ए० कर रहे हैं। साइकोलॉजी में कितने विद्यार्थी हैं? साहब ! दो विद्यार्थी हैं और...
- ये कौन से मन्दिर, भिन्न-भिन्न देवियों के मन्दिर गिर पड़ें तो आपको नाराजगी है?...? नहीं बेटे, मुझे बहुत खुशी है। मनसा देवी, जो आपकी मनसाओं को, आपकी इच्छाओं को बिना कीमत चुकाए देना चाह...
- ये कौन से मन्दिर, भिन्न-भिन्न देवियों के मन्दिर गिर पड़ें तो आपको नाराजगी है?...? नहीं बेटे, मुझे बहुत खुशी है। मनसा देवी, जो आपकी मनसाओं को, आपकी इच्छाओं को बिना कीमत चुकाए देना चाह...
- ये कौन से रस्से हैं, जिनने हमें बाँध रखा है?...? हमारी एक जंजीर लोभ की है। हमारे जीवन की जरूरत बहुत थोड़ी है। जरा सा सामान चाहिए। उसमें हमारा मजे में...
- ये कौन है?...? इसका नाम है जीभ। हकीम लुकमान सही कहते थे कि आदमी अपने मरने के लिए और दफन होने के लिए जो कब्र खोदता ह...
- ये कौन है?...? इसका नाम है जीभ। हकीम लुकमान सही कहते थे कि आदमी अपने मरने के लिए और दफन होने के लिए जो कब्र खेलता ह...
- ये कौन है?...? ये भगवान हैं। जब कभी एक ठिकाने पर ये हवा पैदा होती है, जिन आदर्शों को पैदा करने के लिए यह आँधी-तूफान...
- ये कौन है?...? बेटे ये नारी की गरिमा की स्थापना है। नारी की गरिमा कैसी होती है? नारी की गौरव-गरिमा सत्य, शिव और सुन...
- ये कौन हैं?...? ये भगवान् हैं। जब कभी एक ठिकाने पर ये हवा पैदा होती है, जिन आदर्शों को पैदा करने के लिए यह आँधी-...
- ये कौन हैं?...? आ हा हा हा..... ये आए साहब। महन्त जी, ओ हो हो हो ..... अब इनको सुनो। अच्छा, तुम्हारी सुनो या गुरुजी क...
- ये कौन हैं?...? धूर्त हैं, जो जनता को मूर्ख बनाते हैं।
मित्रो! क्या होता रहता है कि जनता का धन अनावश्यक कार्य...
- ये कौन हैं?...? ठग हैं, जालसाज हैं। आपको हम गुरु बना लेंगे। आपने हमको गुरु बना दिया। हमें गुरु बना लेंगे तो आपका...
- ये कौन हैं?...? ब्राह्मण, ठाकुर, बनिया, कायस्थ कौन हैं? आपको मालूम नहीं, हमको मालूम है। आपको कैसे मालूम पड़ा? हमको त...
- ये कौन हैं?...? ये हैं अकलमंद। कोई व्यापारी है, कोई दुकानदार है। ये सब अकलमंद हैं। मैं अकलमंदों की बात नहीं कहता।...
- ये कौन हैं?...? भूत। ये कौन हैं? प्रेत। ये कौन हैं? डाकू। ये कौन हैं? हत्यारे। सब नीरस, सारी की सारी दुनिया नीरस—न म...
- ये कौन हैं?...? चौबीस घण्टे समर्पित व्यक्ति हैं। इस तरह हजारों आदमी सात-आठ घण्टे की नौकरी कर रहे हैं। गुरुजी! लोग आपका...
- ये कौन हैं?...? पार्वती जी बोलीं—ये हमारे पति हैं और कोढ़ी हो गए हैं। कोढ़ी होने की वजह से गंगास्नान के लिए इन्हें ह...
- ये कौन हैं?...? दिशाशूल और योगिनी। जहाँ कहीं भी आप जाएँगे, ये दो साथ में जाएँगे। दिशाशूल कहाँ है—सामने और योगिनी—बाए...
- ये कौन हैं?...? जिनके इतने टेलीग्राम रोज आ जाते हैं। उन्होंने मुझे तंजानिया में रोक लिया। दारेस्लाम पर मैंने देखा कि...
- ये कौन हैं?...? बच्चे। अध्यात्म क्षेत्र में फरमाइश करने वाले ये कौन हैं? बिलकुल बच्चे हैं, बालक हैं। इनको इसी बात ...
- ये कौन हैं?...? ये सब वो आदमी हैं जो आज की, आज की सुविधाओं पर ध्यान देते हैं और ये भूल जाते हैं कि हमारा भविष्य क्या...
- ये कौन हैं?...? ये उनकी सन्तान हैं। सन्तान क्या होती है? सन्तान औरत के पेट से पैदा होने वाले बच्चे को नहीं कहते हैं। सं...
- ये कौन हैं?...? धूर्त हैं, जो जनता को मूर्ख बनाते हैं।मित्रो! क्या होता रहता है कि जनता का धन अनावश्यक कार्यों में ख...
- ये कौन हैं?...? भूत। ये कौन हैं? प्रेत। ये कौन हैं? डाकू। ये कौन हैं? हत्यारे। सब नीरस, सारी की सारी दुनिया नीरस-न म...
- ये कौन हैं?...? बच्चे। अध्यात्म क्षेत्र में फरमाइश करने वाले ये कौन हैं? बिलकुल बच्चे हैं, बालक हैं। इनको इसी बात की...
- ये कौन हैं?...? अरे भाई, ये मनीषी हैं। मनीषी विचार नहीं, दर्शन देते हैं, दर्शन जीकर दिखाते हैं और अनेक का जीवन बना द...
- ये कौन हैं?...? ये हैं निष्ठुर। और क्या कहता है? आँखों के सामने बुढ़िया खड़ी हुई थी और ये कह रही थी कि हमारी आँखों में...
- ये कौन हैं?...? ये उनकी सन्तान हैं। सन्तान क्या होती हैं? सन्तान औरत के पेट से पैदा होने वाले बच्चे को नहीं कहते हैं। स...
- ये कौन हैं?...? ये सन्त हैं और तपस्वी हैं। तपस्वी—जिनका काम ही है कि हम अपने आपका नुकसान उठाएँगे, पर समाज को, दुःखिया...
- ये कौन हैं?...? ये तो वो हैं शूद्र। अच्छा! इसकी पिटाई करेंगे। पहल इसी से करेंगे। मार-मार के उसको ठीक कर दिया। तेरे प...
- ये कौन-सा है?...? ख। ये कौन-सा है? ङ। ये कौन-सा है? क। ये कौन-सा है? घ। पास हो गई, जाओ। अच्छा, सवा रुपया निकाल ले। सवा...
- ये कौन-सी किताब ले आये गुरुजी?...? आप तो पहले शान्ति की किताब ले आए थे, पर अब तो आप अशान्ति की किताब लाए हैं। शान्तिकुञ्ज में अशान्ति की क...
- ये कौन-सी खुशियाँ हैं?...? ये चीजें मिलने की वजह से खुशियाँ होती हैं। ये खुशियाँ होती तो हैं, पर थोड़ी देर के लिए ही ठहरती हैं,...
- ये कौन-सी ताकत थी?...? ये रूहानी ताकत थी। ये आध्यात्मिक ताकतें थीं। आध्यात्मिक ताकतें कैसी होती हैं? इसे आप इतिहास में देखि...
- ये कौन-सी पूजा है?...? ये जड़ पूजा है। जड़ कैसे? जड़ वो है, जिसमें चावल है, फूल है, अक्षत है, नैवेद्य है। ये सब क्या चीज है? य...
- ये कौन-सी प्रयोगशाला है?...? इसका नाम है हमारा शरीर। इसके तीन हिस्से हैं। त्रिपदा गायत्री, तीन चरणों वाली गायत्री का मतलब यह है क...
- ये कौन-सी शराब है?...? कौन-सी लाए? ये लाए साहब ब्राण्डी, क्या लाए व्हिस्की, ये कौन-सी लाए? रम। तो साहब, आपको नशा आता है। नह...
- ये कौन-सी सभ्यता थी?...? ये दैवीय सभ्यता थी, जिसने राक्षसों को परास्त किया। तो क्या रामचंद्र जी ने रावण को मार डाला था? बेटे,...
- ये क्या कर रहे हैं?...? हम भगवान् से प्रार्थना करते हैं कि हे भगवान्! अगर इस संसार से कोई वर्ग नष्ट होना हो, तो सबसे पहले ...
- ये क्या पूजते हैं?...? पीपल। ये क्या पूजते हैं? घूरा। बेवकूफ वे लोग हैं, नहीं, हम लोग उनसे ज्यादा बुद्धिमान हैं। महत्त्वप...
- ये क्या आफत आ गई, ये क्या हो गया?...? उलटा अज्ञान! उलटा अज्ञान अध्यात्म में समाविष्ट हो गया। ऐसा नहीं होना चाहिए था। तो क्या होना चाहिए? म...
- ये क्या कर रहा था?...? स्नानं समर्पयामि। किससे स्नान कराया? चम्मच से। बस! बहका रहा है भगवान् को। बहकावे का नाम भजन रखा है आ...
- ये क्या कर रहे हैं आप?...? गुड्डे-गुड़ियों का खेल खेल रहे हैं। तो क्या इसी में से मिलेंगे चमत्कार? नहीं बेटे, इसमें से चमत्कार...
- ये क्या कर रहे हैं?...? आज जो दुनिया में मनुष्यता समाप्त हो रही है, आदमी के अन्तर जो श्रेष्ठ माद्दा था, जो महानता थी, आदमी के...
- ये क्या कर रहे हो साहब?...? मास्टर साहब ने ४५वाँ मंत्र पढ़ा दिया? हाँ पढ़ा दिया। अब क्या कर रहे हो? अब तो हम याद कर रहे है। कैसे य...
- ये क्या करते थे?...? दोनों एक दूसरे को काटने की कोशिश करते थे और दूध छीनने को प्रयत्न करते थे। कछुआ भी ऐसे ही था। उसका एक...
- ये क्या कह रहा था मैं?...? ये भगवान के हाथ की बात कह रहा था और शंख? शंख का अर्थ—नाद और घोषणा। संकल्प और निष्ठाएँ। ये शंख-चक्र ह...
- ये क्या कहलाएगा?...? ये आपके शंकरजी के चिन्ह और शंकरजी की निशानियाँ कहलाएँगी और शंकरजी की बात कहलाएँगी। शंकरजी की शिक्षाए...
- ये क्या किया आपने?...? उन्हें विश्वास नहीं हो रहा था। कंजूस व्यक्ति कहने लगा कि मैं अपने जीवन भर प्रयोगशाला बनाने का सपना...
- ये क्या चक्कर है?...? गायत्री माता की मूर्ति हो, तो आप ये पूछिए कि क्या बात है साहब! हमने तो मूर्ति रख दी और दण्ड पेल रहे ...
- ये क्या चक्कर है?...? गायत्री माता की मूर्ति हो, तो आप ये पूछिए कि क्या बात है साहब! हमने तो मूर्ति रख दी और दण्ड पेल रहे ...
- ये क्या चक्कर है?...? गायत्री माता की मूर्ति हो, तो आप ये पूछिए कि क्या बात है साहब! हमने तो मूर्ति रख दी और दण्ड पेल रहे ...
- ये क्या चाहते है?...? बेटे, हम धर्म को फिर से जीवन्त रखने के लिए एक प्रयत्न करने वाले है।समर्थ गुरु रामदास से शिवाजी ने यह ...
- ये क्या चाहते हैं?...? बेटे, हम धर्म को फिर से जीवन्त रखने के लिए एक प्रयत्न करने वाले हैं।
समर्थ गुरु रामदास से शिवाजी ...
- ये क्या चीज कह रहा हूँ मैं?...? ये वो चीज कह रहा हूँ—जो जहर गले में दबाया हुआ था शंकर जी ने। शंकरजी के गले में मुण्डों की माला पड़ी ह...
- ये क्या चीज है?...? ये बेटे! स्वाध्याय के प्रति तन्मयता है। ये क्या है? सरस्वती की पूजा है तो क्या आप सरस्वती के पुत्र ह...
- ये क्या चीज है?...? ये चमत्कार है। ये साधना है। कपड़े की साधना किसकी है? ये धोबी की साधना है। मूर्तिकार की साधना है? पत्थ...
- ये क्या चीज है?...? ये है-बाजीगरी। अध्यात्म बाजीगरी नहीं है। ग्यारह माला जप कीजिए और ये सिद्ध हो गया। बेटा, गायत्री बाजी...
- ये क्या चीज हैं?...? यह क्या चक्कर है महाराज जी? बेटे, चक्कर यह है कि मन को सीमाबद्ध करने के लिए उसे इतने बड़े दायरे में ...
- ये क्या चीज हैं?...? ये तो गुरुजी! सोने की तगड़ी है और क्या है? सोने का हार है। किसके लिए हैं? आपकी बहू के लिए हैं। त...
- ये क्या चीज हैं?...? ये भारतीय संस्कृति का मूल है। कैसे? बताइए जरा।अच्छा हम और बताते हैं कि किस तरीके से यह मूल है? शिखा ...
- ये क्या चीजें थीं?...? गुण और पहले क्या माँगने आया था? दौलत। बाद में क्या माँगने लगे? गुण। मनुष्यों के ऊपर सन्त कभी कृपा करत...
- ये क्या जन्म से क्यों?...? कर्म से क्यों नहीं? कर्म से आदमी ब्राह्मण होना चाहिए, कर्म से शूद्र होना चाहिए। लेकिन लोग जन्म से मा...
- ये क्या ढंग है?...? साबुन घर में कोई बनाए और वही सिर पर रखकर घर-घर में बेचे, तो एक चौथाई समय बनाने के लिए और तीन चौथाई स...
- ये क्या तरीका है?...? इसके बिना कोई और तरीका नहीं हो सकता। अब क्या होगा? पढ़ाई की छुट्टी हो गई। अब क्या हो रहा है? अब तो तै...
- ये क्या थी?...? उदारता, जो उनके कपड़े के साथ में जुड़ी हुई थी। कपड़े की कीमत क्या हो सकती है? कपड़ा तो ज़रा सी कीमत का...
- ये क्या पूजते हैं?...? पत्थर। ये क्या पूजते हैं? पीपल। ये क्या पूजते हैं? घूरा। बेवकूफ वे लोग हैं, नहीं, हम लोग उनसे ज्...
- ये क्या बना दिया?...? अरे रज्जन मियाँ क्या बना रहे हो? अरे साहब, हनुमान जी तो काबू में ही नहीं आते। कभी मुँह बड़ी हो जाती ह...
- ये क्या बना लिया?...? ये बना लिया बच्चे के लिये। बच्चा कहाँ है? अरे! होगा थोड़े दिन बाद होगा। चड्ढी बना लेती है, सुलाने के ...
- ये क्या बात कह रहा हूँ मैं?...? यह कि मरने के बाद नानक मालदार हो गए थे। नानक जब जिन्दा थे तब मालदार नहीं हुए थे, लेकिन मरने के बाद व...
- ये क्या बात हुई?...? इस तरीके से अगर पर्चा देकर पास भी हो जाय आदमी तो उसके अन्दर वो विशेषताएँ कहाँ से आयेंगी, जो कि जीवन ...
- ये क्या बात हुई?...? फिर आदमी की परिश्रम की कीमत क्या रही? आदमी की मेहनत क्या रही? न कोई मेहनत, परिश्रम करके फोकट में ही ...
- ये क्या बात है कि घसीटता भी लाता है और कोहनी भी मारता है?...? यह ऐसा क्यों करता है? यह इसलिए करता है कि डूबने वाला इतना थका हुआ होता है कि जो कोई पार लगाने वाला ह...
- ये क्या बात है?...? यही कि दैवी शक्तियाँ सहायता करती हैं। दैवी शक्तियों के नुमाइन्दे की हैसियत से मैं आप में से हरेक...
- ये क्या बात है?...? कितना काम कर लिया? बेटे, हमने अपनी उपासना भी कर ली, चौबीस लक्ष पुरश्चरण भी कर लिए, साहित्य का निर्मा...
- ये क्या बात है?...? बीमारियों ने कहा—जो हमें बुलाता है, हम उसके पास जाते हैं? मनुष्य अपने असंयम द्वारा हमें हमेशा आवाज द...
- ये क्या बात हो गई?...? ये तो बिलकुल उलटा हो गया। हाँ बेटे हमारा ही क्या उलटा हो गया, तेरा भी उलटा हो गया। जब तू गोदी में ...
- ये क्या बात हो गई?...? ये तो बिलकुल उलटा-हो गया। हाँ बेटे हमारा ही क्या उलटा हो गया, तेरा भी उलटा हो गया। जब तू गोदी में था...
- ये क्या बीमारी है?...? विनोबा क्या बला होता है? उसने पूछा-क्योंजी! विनोबा का आपने नाम सुना है? नहीं सुना। आप जानते हैं बिन...
- ये क्या मतलब?...? या तो पण्डित जी की बात सही है या हकीम जी की बात सही है। नहीं साहब? दोनों की बात सही है। दोनों अँधेरे ...
- ये क्या लाए हैं साहब?...? च्यवनप्राश—आँवला। इसको खाइये, हजम कीजिये ताकि आपको ताकत आ सके और आपकी खाँसी भी ठीक हो सके। नहीं साहब...
- ये क्या लाए हो?...? शेर। अच्छा! कहाँ से लाए हो शेर? मेले में से लाए हैं। मेले में घूम रहे थे, तो दिखाई पड़ गया, उठा लाए। ...
- ये क्या वाहियात है?...? घर में जिसकी मृत्यु हो गई है तो सहायता की जानी चाहिए, उसकी आर्थिक स्थिति को मजबूत किया जाना चाहिए, उ...
- ये क्या हुआ?...? ये तो बच्चों की परेशानी आ गई। बेटे तू तो यही कह रहा था न कि ब्याह होने से सुख मिलता है। ले ले, सुख क...
- ये क्या हुआ?...? ये तो बच्चों की परेशानी आ गई। बेटे तू तो यही कह रहा था न कि ब्याह होने से सुख मिलता है। ले ले, सुख क...
- ये क्या है?...? इसको देखने में तो कोई खास बात नहीं है। आपको अमुक काम करने से नमक का क्या ताल्लुक और आपने घी खाना बन्...
- ये क्या है?...? सरस्वती की पूजा है तो क्या आप सरस्वती के पुत्र हैं? हाँ हम सरस्वती के पुत्र हैं, क्योंकि हमने स्वाध्...
- ये क्या है?...? मैजिक है। कौन-सा? जो आप करते हैं। आपको जो सिखाया गया है, वो मैजिक सिखाया गया है, जादू सिखाया गया है,...
- ये क्या है?...? ये भी गलतियाँ हैं। व्यक्तिगत जीवन में आपको गुण, कर्म, स्वभाव सम्बन्धी गलतियाँ क्या हुई? और क्राइम और अ...
- ये क्या है?...? इसको देखने में तो कोई खास बात नहीं है - आपको अमुक काम करने से नमक का क्या ताल्लुक है? और आप शक्कर नह...
- ये क्या है?...? ये शिखा-वन्दन है।
ये सारे के सारे कृत्य जो पंच-कर्म कहलाते हैं, ये सिर्फ इस उद्देश्य के लिए हैं कि...
- ये क्या है?...? ये तपाने का परिणाम।
रस और भस्में बनती हैं, उसमें क्या करना पड़ता है? अभ्रक भस्म, लोहा भस्म, सोना भ...
- ये क्या है?...? श्रम, श्रम की शक्ति को, समय की शक्ति को आप समझते हों, बिल्कुल समझते हों तो आप न जाने क्या से क्या कर...
- ये क्या है?...? ये है यज्ञोपवीत। यज्ञोपवीत हमारे कन्धे पर रखा हुआ है, हमारे कलेजे पर रखा हुआ है, हमारे हृदय पर रखा हु...
- ये क्या है?...? ये बेटे, कसाईपन है। आज हर आदमी कसाई होता हुआ चला जा रहा है। आज हम देखते हैं कि न हमको अपनी बीवी के प...
- ये क्या है?...? ये है यज्ञोपवीत। यज्ञोपवीत हमारे कन्धे पर रखा हुआ है, हमारे कलेजे पर रखा हुआ है, हमारे हृदय पर रखा हु...
- ये क्या है?...? ये इनसान और जानवर की बनावट में साफ फर्क है, जो मैंने आपको बताया। लेकिन एक मामले में दोनों एक हैं? आद...
- ये क्या है?...? ये तपश्चर्या है। बुराइयों के विरुद्ध लड़ाई लड़ना तपश्चर्या है, अपने भीतर की बुराइयों से लड़ने की तपश्चर...
- ये क्या है?...? श्रम की शक्ति को, समय की शक्ति को आप समझते हैं, मूल्य समझते हों, तो न जाने आप क्या-से कर सकते हैं? म...
- ये क्या है?...? ये मित्रो! शंकरजी कहाँ रहते हुए दिखायी पड़ते हैं? मरघट में। शंकरजी के शरीर पर क्या लगा हुआ दिखायी पड़त...
- ये क्या है?...? ये आपका मस्तिष्क। मस्तिष्क का शिक्षण कीजिए। किससे? पूजा की चौकी से। क्या शिक्षण ग्रहण करें? बेटे क्य...
- ये क्या है?...? ये बेटे! विज्ञान है जप का। हम फैल सकते हैं, हम चौड़े हो सकते हैं, हम बड़े हो सकते हैं, हमारा विस्तार ह...
- ये क्या है?...? ये अनुदानों की बात कह रहा था। अनुदानों का जिक्र अक्सर मैं अपने प्रवचनों में करता रहा हूँ। उसमें से ए...
- ये क्या हैं तीनों?...? पहला है आस्तिकता। आस्तिकता का अर्थ है-ईश्वर का विश्वास। भजन-पूजन तो कई आदमी कर लेते हैं, पर ईश्वर-वि...
- ये क्या हैं तीनों?...? पहला है—आस्तिकता। आस्तिकता का अर्थ है ईश्वर का विश्वास। भजन-पूजन तो कई आदमी कर लेते हैं, पर ईश्वर-वि...
- ये क्या हैं?...? देवता हैं। इनका नाम क्या है? इनका नाम है—हनुमान जी। हनुमान जी ऐसे होते हैं? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। ...
- ये क्या हैं?...? ये बेटे ! कलेवर हैं। वास्तव में जो उपासना मैं करता रहा हूँ, वह ऐसी है जिसमें हमारा अन्त:करण भगवान के ...
- ये क्या हैं?...? बेटे! प्रसन्नता जो होती है, उसको मुस्कान कहते हैं, खुशी कहते हैं, शान्ति कहते हैं, निश्चिंतता कहते है...
- ये क्या हैं?...? बेटे, जैसे हम खड़े हुए हैं, उसी तरह हमारे पीछे एक भूत रहता है। गुरुजी! कैसा भूत रहता है? बेटे, अभी ...
- ये क्या हैं?...? ये सिद्धान्त और आदर्श हैं। ये वरदान हैं। इनसे कम वरदान किसी को नहीं मिले और इनसे ज्यादा भी किसी को नह...
- ये क्या हैं?...? देवता हैं। इनका नाम क्या है? इनका नाम है-हनुमान जी। हनुमान जी ऐसे होते हैं? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। ...
- ये क्या हैं?...? ये दोनों ग्रन्थ गायत्री मंत्र के व्याख्यान हैं। ‘‘सत्यम् परम् धीमहि’’ श्रीमद्भागवत् में चौबीस हजार श...
- ये क्या हैं?...? देव। ये आपने देखे हैं? हमने नहीं देखे हैं। हमने तो एक बात देखी और देखकर के बड़ी गड़बड़ पैदा हो गई थी। फ...
- ये क्या हो गया?...? सभ्यता की शुरुआत हो गई। ये कौन-सी सभ्यता थी? ये दैवीय सभ्यता थी, जिसने राक्षसों को परास्त किया। तो क...
- ये क्या हो गया?...? ये सिद्धि नंबर दो है। ये किसकी सिद्धि हो गई। ये बाहर की सिद्धि हुई। ईश्वर, जीव और प्रकृति तीन होते ह...
- ये क्या हो गया?...? बेटे! कर्म करना हमारे हाथ में है, फेल या पास होना हम नहीं जानते। भविष्य का अध्ययन करना छोड़ दीजिए। भ...
- ये क्या हो गया?...? ये सिद्धि नंबर दो है। ये किसकी सिद्धि हो गई? ये बाहर की सिद्धि हुईं। ईश्वर, जीव और प्रकृति तीन होते ...
- ये क्या हो गया?...? सभ्यता की शुरुआत हो गई। ये कौन सी सभ्यता थी? ये दैवीय सभ्यता थी, जिसने राक्षसों को परास्त किया। तो क...
- ये क्या हो गया?...? बेटे! कर्म करना हमारे हाथ में है, फेल या पास होना हम नहीं जानते। भविष्य का अध्ययन करना छोड़ दीजिए; भव...
- ये क्या हो गया?...? ये बेटे! उपासना का तन्त्र हो गया। ये अधूरा है, ये जड़ है। ये केवल पदार्थजन्य है। ये काफी नहीं है। इसक...
- ये क्या हो रहा है?...? हमारी अकल खराब हो रही है। अकल की खराबी की प्रार्थना के लिए हम भगवान को पुकारते हैं—‘‘धियो यो नः प्र...
- ये क्या होता है?...? ये मैं किसकी कहानियाँ सुना रहा हूँ? मुरदे की। जिन्दा आदमियों की भी कह रहा हूँ। आपके जिम्मे मैं एक क...
- ये क्या होता है?...? ये मैं किसकी कहानियाँ सुना रहा हूँ? मुरदे की। जिन्दा आदमियों की भी कह रहा हूँ। आपके जिम्मे मैं एक काम...
- ये क्यों नहीं कहते?...? सीधी बात क्यों नहीं कहते? जी साहब! हम भगवान की भक्ति चाहते हैं। भगवान को क्यों लपेट में लेना चाहते ह...
- ये क्यों नहीं सोचते?...? इतना बड़ा मनुष्य का जीवन भगवान ने आपको दे दिया, और इतने आप बड़े सौभाग्यशाली हैं।
आप सौभाग्य को सर...
- ये क्रियाएँ आपको दिखाई पड़ती हैं कि जनता के बीच में आपको क्या क्रियाएँ करानी चाहिए और अपने आप में क्या क्रियाएँ करनी चाहिए?...? क्रियाओं का अपना मूल्य है, महत्त्व है। हम जानते हैं कि क्रियाओं के माध्यम से विचारों के निर्माण में ...
- ये क्रियाएँ हैं और जनता में क्या कराना चाहिए?...? जनता में हवन कराने चाहिए, सम्मेलन कराने चाहिए, त्यौहार-संस्कार कराने चाहिए।
क्रिया व विचार द...
- ये क्रियाएँ हैं और जनता में क्या कराना चाहिए?...? जनता में हवन कराने चाहिए, सम्मेलन कराने चाहिए, त्यौहार-संस्कार कराने चाहिए। क्रिया व विचार दोनों महत...
- ये खराब आदत के बच्चे कहाँ से आ गए?...? जब हम गहराई से देखते हैं तो पाते हैं कि यह दो महायुद्धों की वजह से जो वातावरण खराब हुआ था, उसका असर ...
- ये खाई कैसे जाएँगी?...? अब यह भी समझ लीजिए। बताइए साहब! आपको पैदल चलना होगा और पैदल चलते-चलते जब आपके माथे पर पसीना निकलने ल...
- ये खिलौने के लिए हैं कि आपको पालन करना पड़ता है?...? पालन नहीं करना पड़ता। आप थके हुए आते हैं, चाबीदार खिलौनों से जैसे बच्चे खेलते हैं, आप इन बच्चों से वै...
- ये ख्याल ठीक नहीं है कि भजन करने से भगवान प्रसन्न हो जाते हैं, भगवान के लिए, प्राप्त करने के लिए अपना मन और अपना जीवन सुधार करने के लिए साबुन की तरीके से अपने आपको धोना तो चाहिए राम के नाम से, लेकिन राम का नाम लेने भर से भगवान क्यों प्रसन्न होने लगे?...? भगवान कोई चापलूसी पसन्द हैं? भगवान कोई रिश्वत खोर हैं कि आपकी चापलूसी सुनते रहें और आपका अनुग्रह कर...
- ये ख्वाब अगर हमको आया होता और हमने अपना घर कहाँ बनाया होता?...? मरघट में बनाया होता। हम कहाँ के रहने वाले हैं? मरघट के रहने वाले हैं और हम काम करते हैं तथा ड्रामा क...
- ये ग्यारह विद्यार्थी कौन हैं?...? ग्यारह विद्यार्थी वह हैं, जिनको हम दस इन्द्रियाँ कहते हैं और एक कहते हैं—मन।ग्यारह विद्यार्थी बैठे र...
- ये घड़ियाँ आज से पाँच सौ वर्ष पहले कहाँ थीं?...? रेडियो पाँच सौ वर्ष पहले कहाँ था? बिजली पाँच सौ वर्ष पहले कहाँ थी? हवाई जहाज और पानी के जहाज कहाँ थे...
- ये चीजें कम है क्या?...? आप देने वाले बन जाइये। आप सेवा दीजिये, सहानुभूति दीजिये, स्नेह दीजिये, फिर देखिये आप जो चीज बाँटते ह...
- ये चौबीस अवतार क्या हैं?...? एक-एक अक्षर गायत्री का एक-एक अवतार के रूप में, उनके जीवन की विशेषताओं के रूप में, उनकी शिक्षाओं के र...
- ये छप्पन लाख बाबाजी हराम की रोटी खा-खाकर कैसे मोटे हो गये हैं?...? ये फोकट का माँगते हैं रोज और नम्बर दो वाला पैसा, ब्लैक वाला पैसा खा-खाकर कैसे मुस्टन्डे हो गये ह...
- ये जानते हैं कि आप ही तो ट्रस्टी हैं लाओ साइन करा ले जाएँ, करा ले जा बेटे, क्या सब मिल जाएगा?...? तुमको खाली हाथ ही लौटना पड़ेगा तुझे क्या पता हमारी दौलत का? हमारे पास वह दौलत है जो सामने बैठी है जो...
- ये जाहिल यह नहीं समझते हैं कि आखिर हम क्या कर रहे हैं?...? औरतों के स्वास्थ्य को खराब कर रहे हैं। अपने ऊपर आर्थिक जिम्मेदारियों का बोझ बढ़ा रहे हैं। बच्चों का ...
- ये जीवन-निर्माण क्या है?...? बेटे! समझता क्यों नहीं है तू? ये जीवन-निर्माण का खेल है सारा। देवताओं को पकड़ने की विद्या नहीं है, दे...
- ये जो नये तरीके अख्तियार करना है किसके लिए?...? प्रगति के लिए ये सब आत्म निर्माण में आते हैं। कमी को पूरा करना। कमी को सुधारना ही तक सीमित नहीं है, ...
- ये जो नये तरीके अख्तियार करने हैं, किसके लिये?...? प्रगति के लिये। ये सब आत्म निर्माण में आते हैं। कमी को पूरा करना है। कमी को सुधारना ही सब चीज नहीं ह...
- ये जो सारी अकल बरसती है, वो आसमान से बरसकर हमारे दिमाग में घुस जाती है और पैसा कहाँ से बरसता है?...? पैसा बेटे, आसमान से बरसता है और हमारी तिजोरी में घुस जाता है। इससे हम कहते हैं कि ठहरिए अभी तिजोरी ब...
- ये जो सारी अकल बरसती है, वो आसमान से बरसकर हमारे दिमाग में घुस जाती है और पैसा कहाँ से बरसता है?...? पैसा बेटे, आसमान से बरसता है और हमारी तिजोरी में घुस जाता है। डेमॅन-गुरु ये कौन घुसाता है? डेमन। डेम...
- ये जो हमारे पूर्वजों की मूर्तियाँ यहाँ रखी हुई हैं, क्या उनकी शक्लें ऐसी ही थीं?...? " पिता ने कहा—"हाँ बेटे! ऐसी ही थीं।" "क्या उनकी कलाइयाँ ऐसी मोटी थीं?" उसने कहा—"हाँ बेटे! ऐसी ही थ...
- ये झाड़ी है या भूत है?...? झाड़ी बिल्कुल भूत है; क्योंकि हमारी श्रद्धा और विश्वास उसके ऊपर है। इसीलिए वो भूत है और वो जरूर भूत ह...
- ये ठीक हैं, लेकिन?...? लेकिन तो हम भूल जाते हैं। एक किसान की जमीन में बहुत सारी फसल होती है और दूसरे की में फसल नहीं होती। ...
- ये ठीक हैं, लेकिन?...? लेकिन यह हम भूल जाते हैं। एक किसान की जमीन में बहुत सारी फसल होती है और दूसरे की में फसल नहीं होती। ...
- ये ढकोसले हैं इनके द्वारा आप अपने व्यक्तित्व को विकसित कैसे कर सकेंगे?...? फिर क्या करना चाहिए? किफायतसार बनिये। किफायतसार अगर बनते हैं, तो आपको नौ सौ निन्यानवे बुराइयों से छु...
- ये तपश्चर्या से सफल हुआ और आपने कितनों के नाम सुने?...? ध्रुव का नाम सुना है न? ध्रुव क्या हो गए थे? वो बहुत बड़े भक्त हो गये थे; तीनों लोकों के स्वामी हो गए...
- ये ताऊ जी कौन थे और क्या बोलते थे?...? वे कुत्ते की बोली बोलते थे, बिल्ली की बोली बोलते थे, गधे की बोली बोलते थे, घोड़े की बोली बोलते थे, भ...
- ये ताऊ जी कौन थे और क्या बोलते थे?...? वे कुत्ते की भाषा बोलते थे, बिल्ली की बोली बोलते थे, गधे की बोली बोलते थे, घोड़े की बोली बोलते थे, भै...
- ये तीन यूनीवर्सल उपासनाएँ कौन-सी हैं?...? एक है—'जप'। जप सारे यूनीवर्स में चलता है। आप मुसलमानों में जाइए, ईसाइयों में जाइए, बौद्धों म...
- ये तीनों क्या हैं?...? ये हैं—जमीन, खाद और पानी। भगवान के चरणों में हमने अपने आपको समर्पित किया है व भगवान जितने शक्तिशाली ...
- ये तीनों चीज कहाँ रहती हैं?...? मालूम नहीं कहाँ रहती हैं? सुना है स्वर्गलोक में रहती हैं और देवताओं के पास रहती हैं। देवताओं के पास ...
- ये तीनों पत्थर भी कितने भारी हैं?...? आपको दिखाई नहीं पड़ते? ठीक है बेटे! एक पत्थर और फेंक दे। उसने एक और फेंक दिया। दो और रह गए। उसने कहा ...
- ये तुमको नहीं करना चाहिए था, तुमने भजन क्यों करना शुरू कर दिया?...? रामचन्द्रजी कभी मिलेंगे हमको—हमारी मुलाकात होगी, तो रामचन्द्रजी से कहेंगे जरूर कि आपने ऐसा क्यों किय...
- ये तुम्हारे पिता के भाई हैं और तुम्हारे पिता के प्रति मेरी कितनी गहन निष्ठा है, तुम नहीं जानते मुझे वनवास में किसलिए छोड़ा गया?...? संसार के इतिहास में दाम्पत्य जीवन के आदर्श उपस्थित करने के लिए। तुम्हारे लिए यह मुनासिब नहीं कि अपने...
- ये तूने क्या बनाया?...? हमारा कागज भी बरबाद कर दिया और रंग भी खराब कर दिया और ऐसे ही लकीरें बना लाया। नहीं बेटे, लकीर नहीं ब...
- ये तूने क्या बनाया?...? हमारा कागज भी बरबाद कर दिया और रंग भी खराब कर दिया और ऐसे ही लकीरें बना लाया। नहीं बेटे, लकीर नहीं ब...
- ये तो अब भगदड़ है, ये पर्यटन है खाली, पर्यटन है, पर्यटन के लिए देश-विदेशों में लोग घूमने जाते हैं, घुमक्कड़ लोग इसको देखते हैं, ये देखने जाते हैं - दर्शन करना कहाँ आता है?...? दर्शन करने की बुद्धि कहाँ है? केवल देखने जाते हैं। बद्रीनाथ का खिलौना, जगन्नाथ का खिलौना, फलाने जगह ...
- ये तो आपकी शक्ति की महिमा है और क्या है?...? आपका अहंकार क्या करता है? वो अहंकार ये करता है कि आदमी को संगठित नहीं होने देता। हर आदमी में संगठित ...
- ये तो कर्मकाण्डों का, विधि-विधानों का सवाल है?...? है तो सही बेटे! कर्मकाण्डों का, विधि-विधानों का सारा का सारा ढाँचा या स्वरूप आपको सावधान रखने, सतर्कत...
- ये तो कर्मकाण्डों का, विधि- विधानों का सवाल है?...? है तो सही बेटे! कर्मकाण्डों का, विधि- विधानों का सारा का सारा ढाँचा या स्वरूप आपको सावधान रखने, सतर्...
- ये तो कितने ही रुपयों की हो जाएगी?...? आपके पास इतने रुपए कहाँ हैं? देख बेटे, मेरे पास छह हजार रुपए हैं। इतने से नहीं बनेगी तो छह लाख से बन...
- ये तो कितनों रुपयों की हो जाएगी?...? आपके पास इतने रुपये कहाँ हैं। देख बेटे, मेरे पास छह हजार रुपये हैं। इतने से नहीं बनेगी, तो छह लाख ...
- ये तो कैसा है?...? ये बत्ती आपको बताती है जब भी आप टेप को दुबारा सुनेंगे, तो गुरुजी का भाषण ठीक आ जाएगा और लड़कियों का स...
- ये तो घोर नृशंस पाप है, पिशाचपन है?...? ये पिशाचपन हमारे हिन्दू समाज में जहाँ-तहाँ फैला हुआ पड़ा है। हमको लोगों के अन्दर विवेक उत्पन्न करना च...
- ये तो जाने क्या कर सकते हैं?...? ये बहुत कुछ कर सकते हैं। इनसे बहुत उम्मीद है।...
- ये तो नहीं चाहते कि हमारे पड़ोसी से हमें सहायता मिले?...? नहीं ये नहीं चाहते वो क्या सहायता देगा। पड़ोसी से तो लड़ाई है हमारी, वो हमें सहायता नहीं देगा और किस...
- ये तो पंख हैं तो फिर असली आदमी कहाँ है?...? असली आदमी की शक्ति कहाँ है? ये बेटे, मेरुदण्ड में रीढ़ की हड्डी में है। रीढ़ की हड्डी में आदमी के विचा...
- ये तो मैं निवेदन कर रहा हूँ आपसे, क्या करना चाहिए?...? आपको तीन बन्धनों से अपने आपको छुटकारा पा लेना चाहिए। आप यहाँ आये हुए हैं शान्तिकुञ्ज में, कल्प साधना...
- ये तो वास्तव में माध्यम हैं कि आपके व्यक्तित्व का कैसे विकास हो?...? व्यक्तित्व का विकास न हुआ इनके माध्यम से, तो इनको फिर सिवाय ढकोसले के और क्या कहेंगे? ये ढकोसले है...
- ये तो वास्तव में माध्यम हैं कि आपके व्यक्तित्व का कैसे विकास हो?...? व्यक्तित्व का विकास न हुआ इनके माध्यम से, तो इनको फिर सिवाय ढकोसले के और क्या कहेंगे? ये ढकोसले हैं ...
- ये दस हजार कहाँ से आ गए, किसकी आवाज पर निकल पड़े?...? बेटे, आप आवाज सुन करके ही आए हैं। शायद हमको कोई पुकारता-बुलाता है और यह कहता है कि यह सही समय आया है...
- ये दीपक यज्ञ होंगे, दीपक यज्ञ कैसी?...? दीपक यज्ञ इस तरीके से कि आप एक थाली लें और पाँच जगह पाँच-पाँच धूपबत्तियाँ लगा लें। पाँच खंडों में ...
- ये दुष्ट काहे का राम-नाम लेंगे?...? किसी राम का नाम नहीं लेंगे। जहाँ कहीं भी जाएँगे, इसी चक्कर में जाएँगे। कहाँ गए थे? साहब! मंशा देवी प...
- ये देखा जाना चाहिए कि नौकरी तो सब को नहीं मिल सकती आखिर उनको जीविका के लिए क्या करना है?...? किसान के बच्चों को किसान के लायक शिक्षा, दुकानदार के बच्चों को दुकानदार के लायक शिक्षा, जिनके माँ-बा...
- ये देखो, यह किसका शिष्य है?...? यह उनका शिष्य है। धिक्कार है इसके लिए। ऐसे महान व्यक्तित्व के साथ जुड़ा व्यक्ति तब भी नीचे-का-नीचे र...
- ये देवता कौन से हैं?...? ऐसे देवताओं का नाम, पता भी नहीं मालूम है। उनका स्थान भी मालूम नहीं है।...
- ये देवता हैं?...? देवताओं ने अवतार लेकर के हमारा रूप बना लिया है और हमारे आँगन में खेल रहे हैं। और वे भगवान् के काम के...
- ये देवी के मन्दिरों में बैठे हैं?...? ये सिर काटने के लिए और माल मारने के लिए बैठे हैं। अरे! ये कोई भगत हैं? डाकू हैं। आप जहाँ कहीं भी जाइ...
- ये दैवी कौन हैं?...? ये कहाँ से आ गयीं देवी? इस देवी की ‘स्कन्दपुराण’ में और ‘मार्कण्डेय पुराण’ में, देवी भागवत् में, जहा...
- ये दो राहें क्या हैं?...? दो मंजिलें क्या हैं? दो कदम क्या हैं? योग क्या है? योग का अर्थ होता है जोड़ देना। किसको किसके साथ जो...
- ये दो हो गए रुकावट डालने वाले और तीसरा भगवान भी रुकावट डालता है, क्योंकि भगवान भी ऐसा भला आदमी कहाँ है?...? वह भी यह देखता है कि पहले इस व्यक्ति का इम्तहान ले लो, ठोक-बजा लो।
टके की हाँडी हम खरीदते हैं, त...
- ये न जाने क्या माँग बैठेंगे?...? न जाने क्या-क्या फरमाइशें उनकी चालू हो जाएँगी? आप उनकी फरमाइशों को पूरा करके उनको प्रसन्न रखने की को...
- ये नसीहतें क्या हैं?...? यज्ञाग्नि की, अग्नि की एक नसीहत यह है कि वह सदा प्रकाशवान बनी रहती है। कभी भी इसका प्रकाश बन्द नहीं ह...
- ये नागा, ये पंडे और जो शहरों में रहते हैं और सड़कों पर नंगे फिरते हैं उन्हें देखने कौन जाएगा?...? और किसलिए जाएगा? इनसे अच्छे तो वे हैं जो कोढ़ी हैं, अपाहिज हैं, लँगड़े हैं और अपंग हैं। लोग उन्हें खिल...
- ये नागा, ये पंडे और जो शहरों में रहते हैं और सड़कों पर नंगे फिरते हैं, उन्हें देखने कौन जाएगा?...? और किसलिए जाएगा? उनसे अच्छे तो वे हैं जा कोढ़ी हैं, अपाहिज हैं, लँगड़े हैं, अपंग हैं। लोग उन्हें खिलात...
- ये निपुणतादायक पदार्थ क्या है?...? अच्छा पौष्टिक भोजन, जिसमें अन्न, फल, दूध, तरकारियाँ, घृत इत्यादि प्रचुर मात्रा में हों, टिकाऊ वस्त्र...
- ये पत्थर क्या हैं?...? अरे पत्थर है? नहीं साहब! ये वो है संगेअसवद। संगेअसवद क्या होता है? पत्थर है। साहब तराशा हुआ पत्थर है...
- ये पाँच चीजें क्या हैं?...? जल—एक, गंगाजल—दो, शक्कर—तीन, तुलसी का पत्ता—चार, चन्दन—पाँच। यह पंचामृत हो गया। कितने पैसे का? छदाम क...
- ये पाँच चीजें क्या हैं?...? जल-एक गंगाजल-दो, शक्कर-तीन, तुलसी का पत्ता-चार, चन्दन-पाँच। यह पंचामृत हो गया। कितने पैसे का? छदाम का...
- ये पाँच जुएँ क्या होते हैं?...? ये पाँच बच्चे हैं। जुएँ और बच्चे की बात एक ही होती है—बिल्कुल एक ही बात। बच्चे हमारा बहिरंग जीवन है।...
- ये पाँच देवता कौन हो सकते हैं?...? ये हैं आपके पंचकोश। पहला है—अन्नमय कोश। अन्नमय कोश के बारे में मैं कल भी आपको समझा चुका हूँ। अगर आप ...
- ये पाँच बच्चे कौन हैं?...? अरे साहब! ये कोई बच्चे नहीं हैं। ये देवता हैं? देवताओं ने अवतार लेकर के हमारा रूप बना लिया है और हमा...
- ये पूरे का पूरा टाइम-टेबल इस बात पर निर्भर रहता है कि आपकी गतिविधियाँ क्या होनी चाहिए?...? आपको अनुशासित कैसे होना चाहिए? आपको संयमी कैसे रहना चाहिए? आपको तपस्वी की तरह जीवनयापन कैसे करना चाह...
- ये पृथ्वी कितनी बड़ी है?...? साहब बहुत बड़ी है। पृथ्वी का वजन कितना है? अरे साहब क्या कहने पृथ्वी के बहुत वजन है। और पृथ्वी की चाल...
- ये पृथ्वी कितनी बड़ी है?...? साहब बहुत बड़ी है। पृथ्वी का वजन कितना है? अरे साहब क्या कहने पृथ्वी का। बहुत वजन है और पृथ्वी की चाल...
- ये प्रतीक क्यों बना दिए है?...? प्रतीकों का अपना अलग महत्त्व है। एकलव्य ने द्रोणाचार्य का प्रतीक बना लिया था। रामचंद्र जी ने शंकर जी...
- ये प्रतीक क्यों बना दिये हैं?...? प्रतीकों का अपना-अपना महत्त्व है। एकलव्य ने द्रोणाचार्य का प्रतीक बना लिया था। रामचन्द्र जी ने शंकर ...
- ये प्रभाव किसका है?...? ये प्रभाव विशुद्ध आध्यात्मिकता का है। मेरे जैसे छोटे और मामूली और साधनहीन व्यक्ति का नहीं है।...
- ये प्राण और जीवट अगर आदमी के भीतर आ जाए तो क्या हो सकता है?...? बेटे मैं नाम गिनता हुआ चला जा रहा हूँ आपको कि हिम्मत वाला आदमी कितना जबरदस्त हो सकता है। साधनहीन आदम...
- ये बच्चे जब भीगते हुए आए हैं, यहाँ ऊपर तक आए हैं, तो मुझे जाने में क्या बात है?...? मैं जरूर जाऊँगी। बेटे! आपको यहाँ पर जरूर दिक्कतें हुई हैं। भोजन के समय दिक्कतें हुई हैं, आपके ठहरने ...
- ये बता दीजिए कौन-सी बत्ती लाल रंग की है?...? आपको तुरन्त मालूम पड़ेगा। आपके भविष्य में कोई सम्भावना है कि नहीं, सिद्धियाँ मिलनी हैं कि नहीं, चमत्क...
- ये बताइये खून घड़े में हम पैदा कर दें, तो हमारे बच्चा हो जाएगा?...? हट! बेवकूफ कहीं का! कहाँ त्याग की बात चल रही है, कहाँ संगठन की बात चल रही है और कहाँ तू पागलपन की बा...
- ये बहिरंग क्रियाकलाप अगर आपने धारण कर लिए हों और अन्तरंग योग एवं अन्तरंग तप आपके पास न आया हो, तो उसको मैं क्या कह सकता हूँ?...? उसको मैं बहुरूपिया कहूँगा।...
- ये बात सही है, आवश्यक है?...? नहीं बेटे! जरूरी नहीं है कि इन वजहों से ही आपका मस्तिष्क जलता रहता है। ये चीजें कतई जरूरी नहीं हैं। ...
- ये बात सही है, आवश्यक है?...? नहीं बेटे ! जरूरी नहीं है कि इन वजहों से ही आपका मस्तिष्क जलता रहता है। ये चीजें कतई जरूरी नहीं हैं।...
- ये बात सही हो सकती है?...? हाँ, मेरे ख्याल से तो सही होगी। अलादीन का चिराग आपके पास भी है? मेरे पास भी है। अलादीन का चिराग हमार...
- ये बिल्डिंग बन रही हैं, किससे बन रही हैं?...? उन्हीं से बन रही है। लेकिन बेटे, वह सब कुछ नहीं होता। सब कुछ क्या होता है? वह होती है आपकी निष्ठा, आ...
- ये बीमारी, वो बीमारी—कितने साल से हैं?...? पाँच साल से हैं। बवासीर इतने साल से, डायबिटीज इतने साल से, हार्ट की बीमारी इतने साल से है। अच्छा तो ...
- ये बेकार की बातें करने से क्या फायदा?...? बातें करनी हैं तो काम की करो, नपी-तुली बातें करो, ताकि मेरा समय भी न खराब हो और तुम्हारा भी समय खराब...
- ये भगवान के हाथ की बात कह रहा था और शंख?...? शंख का अर्थ—नाद और घोषणा। संकल्प और निष्ठाएँ। ये शंख-चक्र हैं।जो आयुध इनके ऊपर लगे हुए हैं, ये सारी-...
- ये भावनाएँ किसने दी थी?...? ये संस्कार किसने दिए थे? ये दिए थे उनकी माँ ने और पिता ने। दोनों ने लक्ष्मण को संस्कार दिए थे।
ब...
- ये भावनाएँ, ये संस्कार और ये सिद्धान्त, साहस कहाँ से आए?...? वे सब माँ से ही आए।
माँ ने ही इस ढंग से लालन-पालन किया और शिक्षण भी माँ ने ही दिया। जीजाबाई ने श...
- ये भी कोई बात है क्या?...? यह तो शरीर की सेवा हुई।
बच्चों के शरीर की सेवा ही काफी नहीं है, मन की सेवा आवश्यक है। मन की ख...
- ये भी भजन होता है कहीं?...? हाँ साहब! सारे दिन यही भजन करता रहा, जिसकी वजह से बगीचा नष्ट हो गया। राजा ने कहा—"अच्छा इसको निकाल द...
- ये भी मिट्टी है तो आप मिट्टी से कर रहे थे?...? हाँ बेटे! मिट्टी से आप लोग कर रहे थे ये कर्मकाण्ड। ये सारे कर्मकाण्ड जो आपकी क्रिया है। क्रिया क्या ...
- ये मंत्र और वो मंत्र, ये विधि- विधान कीजिए, लेकिन जाने क्यों यह भूल जाते हैं कि इन मंत्रों को, इन बाणों को जिस धनुष पर रखकर चलाया जाने वाला है, वह है कि नहीं?...? कारतूस को जिस बन्दूक में रखकर चलाया जाने वाला है, वह है कि नहीं? बन्दूक की जरूरत को, महत्त्व को जो नही...
- ये मंत्र और वो मंत्र, ये विधि-विधान कीजिए, लेकिन जाने क्यों यह भूल जाते हैं कि इन मंत्रों को, इन बाणों को जिस धनुष पर रखकर चलाया जाने वाला है, वह है कि नहीं?...? कारतूस को जिस बन्दूक में रखकर चलाया जाने वाला है वह है कि नहीं है? बन्दूक की जरूरत को, महत्त्व को जो न...
- ये मंत्र बताइये?...? क्या मंत्र बताएँ? बता तो दिया आपको गायत्री मंत्र। फिर भी नहीं भरा पेट। नहीं साहब! फिर कुछ और कमाल बत...
- ये मत भुलाइए कि आपको अपने सूराखों को बन्द करना है, अपने छिद्रों की रोकथाम करनी है, अपनी मलीनताओं और अपनी असंयमितताओं के ऊपर हावी होना है तो क्या करें?...? मैंने बताया न आपको। चार बात करनी पड़ेगी आपको। तप, जिसका कल जिक्र किया गया था, चार प्रकार के होते हैं।...
- ये महान कैसे हो गए?...? बाप की मरजी पर चले होते तो पुराने ढर्रे पर उनकी गाड़ी लुढ़कती रही होतीl नानक क्या हो सकते थे? नानक ब...
- ये मुमकिन है?...? ये नामुमकिन है। भगवान् तुम बड़े अच्छे हो, तुम्हारी नाक बड़ी अच्छी है, तुमने महिषासुर को मार डाला, तुमन...
- ये मेथड कौन-सा है?...? अच्छा तो आप ऐसा कीजिए कि स्कूल में भरती हो जाइए। बी० ए० पास कर लीजिए, एम० ए० पास कर लीजिए। रोज छ...
- ये मेरा ही बच्चा है, (आप) भगवान का बच्चा है ये क्यों नहीं मानते, ये हमारी ही बीवी है आप यों क्यों कहते हैं?...? यों क्यों नहीं कहते भगवान की बेटी है। यों कह देंगे तो क्या हर्ज है। आप इस तरीके से आप रात्रि को जब आ...
- ये मेरा ही बच्चा है—अब भगवान का बच्चा है, ये क्यों नहीं मान सकते?...? ये हमारी बीवी है—आप यों क्यों कहते हैं? यों क्यों नहीं कहते—भगवान की बेटी है? यों कह देंगे तो क्या ह...
- ये मेरे पास आते रहते हैं और मैं उनसे यही पूछता रहता हूँ कि बेटे, बता क्या बात है?...? क्या तकलीफ है, हारी-बीमारी से लेकर बेटे-बेटी की शादी-ब्याह, नौकरी पदोन्नति तक की बातें करते हैं और म...
- ये मैं किसकी कहानियाँ सुना रहा हूँ?...? मुरदे की। जिन्दा आदमियों की भी कह रहा हूँ। आपके जिम्मे मैं एक काम सुपुर्द कर रहा हूँ कि जहाँ भी आ...
- ये मैं किसकी कहानियाँ सुना रहा हूँ?...? मुरदे की। जिन्दा आदमियों की भी कह रहा हूँ। आपके जिम्मे मैं एक काम सुपुर्द कर रहा हूँ कि जहाँ भी आपको ...
- ये मोटर कौन है, तुम्हारी मौसी है या रिश्तेदार?...? कोई नहीं है। जब ये मोटर भागती है तो इसकी कशिश हमें खींचती है। रेत के कण, धूल, पत्ते इसके पीछे-पीछे भ...
- ये यज्ञोपवीत क्या है?...? इसका हमने कभी समाधान कर दिया होता, उनको समझा दिया होता तो निश्चित हमारे बच्चे में ये गुण आ गए होते। ...
- ये यज्ञोपवीत क्या है?...? इसका हमने कभी समाधान कर दिया होता, उनको समझा दिया होता तो निश्चित हमारे बच्चे में ये गुण आ गये होते।...
- ये रीछ-बन्दर कौन थे?...? वे देवता थे। इन देवताओं ने कहा? कि भगवान्! हम आपके साथ चलेंगे। उन्होंने अपना देवता का स्वरूप छोड़कर...
- ये लड़कियाँ क्यों करेंगी?...? इन लड़कियों को क्या समझ रखा है? आपसे कहीं ज्यादा हैं? देख लो, अब राजीव गाँधी ने कल की घोषणा में कहा ...
- ये लाए साहब ब्राण्डी, क्या लाए व्हिस्की, ये कौन-सी लाए?...? रम। तो साहब, आपको नशा आता है। नहीं साहब, हमको अभी तो नशा नहीं आ रहा है। नशा कैसे नहीं आया! रम में तो...
- ये लोकहित में प्रवाहित इसके लिए क्या कम पड़ने वाला है?...? कम किसका पड़ने वाला है? सड़ेगा कौन? सड़ेंगे वो स्वार्थी और फलेगा कौन? फलने वाला है परमार्थी। गंगा फलेगी...
- ये लोग कौन आ गये?...? ये भक्त आ गये, गायत्री स्तवन करने वाले आ गये। यहाँ लोग मन्दिर के पीछे शौचालय की दीवारों पर पेशाब कर...
- ये लोग कौन कहलाते हैं?...? ये लोग देवता कहलाते हैं। स्वर्ग में भी यही लोग रहते हैं और जमीन पर भी यही लोग रहते हैं। देने वाले का...
- ये शिकायतें सही हैं?...? हाँ, शिकायतें तो बिलकुल सही हैं, लेकिन जवाब उससे भी ज्यादा सही हैं। आपने अपने अन्दर मुलायमियत क्यों प...
- ये शिकायतें सही हैं?...? हाँ, शिकायतें तो बिलकुल सही हैं, लेकिन जवाब उससे भी ज्यादा सही हैं। आपने अपने अन्दर मुलायमियत पैदा की...
- ये शिखा क्या है?...? ये यज्ञोपवीत क्या है? इसका हमने कभी समाधान कर दिया होता, उनको समझा दिया होता तो निश्चित हमारे बच्चे ...
- ये शिखा क्या है?...? ये यज्ञोपवीत क्या है? इसका हमने कभी समाधान कर दिया होता, उनको समझा दिया होता तो निश्चित हमारे बच्चे ...
- ये शुरू कर दिया और क्या कहूँ आपसे?...? रामचन्द्रजी आए थे और जाने क्या-क्या सिखाने आए थे। हमने रामचन्द्रजी को भुला दिया और ‘हरे रामा, हरे कृ...
- ये शोध करेंगे?...? नहीं बेटे! जो शोध नए विश्व को मिलने वाली है, वह पहले से ही बनी-बनाई तैयार रखी है। ये लोग तो उसको...
- ये संपदाएँ क्या हैं?...? यह हमारा 'मैं' का एक छोटा-सा दायरा हमने हवा का भर दिया और वह बबूला अलग हो गया। किससे? पानी से अलग हो...
- ये संयम है, कौन-सा वाला?...? ये इन्द्रिय संयम की बात मैं कह रहा था।अभी मुझे आपसे और कहना है। समय का संयम—समय आपकी सम्पत्ति है। जी...
- ये संस्कार किसने दिए थे?...? ये दिए थे उनकी माँ ने और पिता ने। दोनों ने लक्ष्मण को संस्कार दिए थे।
बुद्ध का पुत्र राहुल था। य...
- ये सब कैसे करता हूँ?...? बेटे! मेरा समय बँधा हुआ है। नहीं महाराज जी! मैं तो जब मरजी होगी, मिलने के लिए आकर बैठ जाऊँगा। नहीं ब...
- ये सब कैसे करता हूँ?...? बेटे! समय बँधा हुआ है। नहीं महाराज जी! मैं तो जब मरजी होगी, मिलने के लिए आकर बैठ जाऊँगा। नहीं बेटे! ...
- ये सब कैसे स्वर्ग जाएँगे?...? उन्होंने कहा—शंकर जी! आप मुझसे मजाक कर रहे हैं। ये सब स्वर्ग जाएँगे, तो इतने सब कहाँ समाएँगे? उन्हों...
- ये सब कैसे हुआ?...? ये सब लड़कों के अपव्यय के कारण हुआ। लड़कों ने किसी अच्छे कार्य में उस धन को नहीं लगाया, जिससे उनका...
- ये सब कैसे हुआ?...? अगर राम राजकुमार रहे होते तो शायद इतना न हो पाता। विश्वामित्र की शक्ति और दशरथ की बुद्धिमानी से ही स...
- ये सब कौन और क्या हैं?...? ये भक्ति का स्वरूप हैं और दूसरा वह है जिसका मन शुद्ध, जिसके अन्दर दया, करुणा और सम्वेदना होती है, फिर ...
- ये सब क्या कर रहे हैं?...? खा-पी नहीं रहे हैं, एक पैर से खड़े हैं गंगा जी के किनारे। लम्बे-चौड़े तिलक लगाए हैं फिर क्यों ऐसा कर...
- ये सब क्या गड़बड़ हो गया है?...? अर्जुन बेचारा तो कह रहा था कि हम तो चाय की कैन्टीन चलाएँगे और गुजारा करेंगे और चना-चिरवा बेचेंगे और ...
- ये सब क्या चीज है?...? ये सब पदार्थ हैं—मैटर हैं, सब जड़ हैं और क्या कर रहा था? काहे से पूजा कर रहा था। गायत्री माता के सामन...
- ये सब क्या चीज हैं?...? ये रासायनिक पदार्थों को जला करके, गरम करके, तपाने के बाद में इनकी शक्ति को उछाला जाता है, उभारा जाता...
- ये सब क्या है?...? बेटे, यह गायत्री मंत्र की उपासना के अतिरिक्त और कुछ नहीं है। आपको तो इसलिए मालूम नहीं पड़ता कि आप माल...
- ये सब क्या है?...? इस तरह की आँखें हमारे पास आएँ, तो राम का नाम हमको फल देता हुआ चला जाए, चमत्कार दिखाता हुआ चला जाए। इ...
- ये सब चीजें क्या आप अकेले कर सकते हैं?...? सबका सहकार चाहिए। आपको अपनी आध्यात्मिक उन्नति के लिए एक सहकारी क्षेत्र चुनना पड़ेगा। उसे चुनने के बा...
- ये सब तेरे पीछे जो कुटुम्ब है, उसको खिलायेगा नहीं?...? नहीं महाराज जी। तो क्या उन्हें मारेगा? नहीं साहब! बाँट करके खाऊँगा। हाँ बेटे, बाँटकर खाना अच्छा है। ...
- ये सब पदार्थ हैं—मैटर हैं, सब जड़ हैं और क्या कर रहा था?...? काहे से पूजा कर रहा था। गायत्री माता के सामने? हाथ से कर रहा था। काहे के हाथ, देखें। ये तो मिट्टी के...
- ये सब स्वर्ग जाएँगे, तो इतने सब कहाँ समाएँगे?...? उन्होंने कहा—तुम्हें विश्वास नहीं है। उन्होंने कहा—हाँ साहब! मुझे तो विश्वास नहीं है। लाखों व्यक्ति ...
- ये सब स्वर्ग जाएँगे?...? उन्होंने कहा—हाँ। पार्वती! कहते तो ऐसा ही हैं कि ये सब स्वर्ग जाएँगे। ये सब कैसे स्वर्ग जाएँगे? उन्ह...
- ये सब होते हैं?...? हाँ बेटे! पाँच चीजें होती हैं। बस, कम-से इतना तो कर ले। इतने से ही चमत्कार दिखाई देगा। बस, इन्हीं की...
- ये सम्भव है?...? ये बेटे, सम्भव नहीं है। मान लीजिए, हम सब हनुमान् जी के भक्त हैं, और हम ये हनुमान् जी से प्रार्थना कर...
- ये सम्भव है?...? नहीं भाईसाहब! सम्भव नहीं है आप क्यों नहीं मानते? आप मानने की कोशिश कीजिये। आदमी के भीतर से ये शक्ति ...
- ये साधना है और क्या है?...? साधना अर्थात अनगढ़ से सुगढ़ अभी आपको मैं साधना का महत्त्व बता रहा था। ये घटिया वाली जिन्दगी, बेकार जि...
- ये साधना है और क्या है?...? अभी आपको मैं साधना का महत्त्व बता रहा था। ये घटिया वाली जिन्दगी, बेकार जिन्दगी, पत्थर जैसी जिन्दगी क...
- ये सामर्थ्य किसकी होती है?...? ब्रह्मचर्य की। हनुमान को आप नहीं जानते? हनुमान जी का ब्रह्मचर्य था, जिससे कि वे सामान्य बन्दर से हनु...
- ये सारा का सारा जो संचालन होगा, वो किससे होगा?...? पैसे से ही होगा न। गाड़ियाँ किससे आएँगी?
बेटे! गाड़ियाँ और खरीदनी हैं। हमने जयपुर गाड़ियाँ भेज दी...
- ये सारा-का खेल क्या है?...? ये आत्म-नियन्त्रण है। सारे-का शिक्षण देवता को गिरफ्तार करने का नहीं है, देवता को फुसलाने का नहीं है।...
- ये सारी की सारी चीजों को आप बनाये रखेंगे, फिर आप कैसे जीयेंगे, बताइये न?...? बाहर से भी पिसेंगे और भीतर से भी पिसेंगे तो आप मरेंगे नहीं? आप ऐसे मत कीजिए। आप क्या करें? आप बुराइय...
- ये सारी के सारी प्रेरणा कहाँ से मिल सकती है?...? ये सारी प्रेरणाएँ गायत्री मंत्र से मिल सकती हैं। इसलिए हम कमर कसकर खड़े हो गए हैं कि गायत्री मंत्र की...
- ये सारी चीजें कहाँ हैं?...? अगर आप देखना चाहें तो यहाँ आकर देख भी सकते हैं। हमने एक छोटी भी पुस्तक भी छापी है रंगीन। जिसमें उन स...
- ये सारी चीजें कहाँ हैं?...? अगर आप देखना चाहें तो यहाँ आकर देख भी सकते हैं। चार धाम कौन-कौन से हैं? बद्रीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री...
- ये सारे के सारे लोग कौन हैं?...? ये कौन हैं? भूत। ये कौन हैं? प्रेत। ये कौन हैं? डाकू। ये कौन हैं? हत्यारे। सब नीरस, सारी की सारी दुन...
- ये सारे के सारे लोग कौन हैं?...? ये कौन हैं? भूत। ये कौन हैं? प्रेत। ये कौन हैं? डाकू। ये कौन हैं? हत्यारे। सब नीरस, सारी की सारी दुन...
- ये सारे राजा मुझे मार डालेंगे कि एक अछूत राजगद्दी पर कैसे बैठ गया?...? उस जमाने में सवर्ण गद्दी पर बैठ सकते थे, राजपूत बैठ सकते थे, पर अछूत नहीं बैठ सकते थे। आज तो कोई रुक...
- ये सिद्धान्त किनके हैं?...? गुरुजी के हैं। वाणी अपनी अलग-अलग है। हमने अलग तरीके से कह दिया। कार्यकर्ता हमारे अलग तरीके से कहते ह...
- ये सिद्धियाँ और चमत्कार शरीर के हैं, तो इन्हें भगवान देगा?...? हाँ बेटे, भगवान देगा, लेकिन भगवान का पूजन केवल वस्तुओं से नहीं हो सकता? गुणों और कर्मों के द्वारा हो...
- ये सुनकर जिज्ञासा भरे स्वर में सैण्डो ने कहा—पिताजी बताइये हमको पहलवान बनने, मजबूत बनने के लिए क्या करना चाहिए?...? उन्होंने कहा—बेटे मजबूती के सारे आधार, दीर्घजीवन के सारे आधार मनुष्य के भीतर सन्निहित हैं, पर आदमी इ...
- ये सुना दिया करें?...? हाँ, भाई साहब! सुना दिया करिए। तो सुना देने से बिच्छू का दंश, साँप का दंश क्या अच्छा हो जाएगा? भूत भ...
- ये सुरसा कोई कम होने वाली है क्या?...? आखिर में क्या करना पड़ा? ‘‘अति लघु रूप पवनसुत कीन्हा’’ बहुत छोटा सा रूप बना लिया-‘‘मसक समान रूप कपिधर...
- ये स्थिति किसकी कह रहा हूँ मैं?...? बच्चों की कह रहा हूँ। उन व्यक्तियों की कह रहा हूँ जो अनुग्रह के ऊपर और मनुहार के ऊपर जिन्दा रहना चाहत...
- ये स्थिति किसकी कह रहा हूँ मैं?...? बच्चों की कह रहा हूँ। उन व्यक्तियों की कह रहा हूँ जो अनुग्रह के ऊपर और मनुहार के ऊपर जिन्दा रहना चाहत...
- ये स्वर्ग क्यों आ गये?...? इन्होंने स्वर्ग को भी नरक बना दिया। हम और आप जैसे मनुष्य यदि स्वर्ग लोक में भेजे जायँ, तो थोड़े दिन...
- ये हम ‘अखण्ड-ज्योति’ के जनवरी के अंक में बतायेंगे और इक्कीसवीं सदी कैसे आयेगी?...? नया युग कैसे आयेगा? नये युग में क्या-क्या बातें होंगी? यह सब बातें फरवरी के अंक में होंगी। ‘अखण्ड-ज्...
- ये हमारा प्रतीक है और हम इस प्रतीक को सिम्बॉल को हर जगह जमायेंगे और इसलिए जमायेंगे कि सारे हिन्दू समाज को यह मालूम हो जाए कि हमारी मूल जड़ कहाँ है और उद्गम कहाँ है?...? ताकि हम सारे समाज को एक सूत्र में पिरो सकें और सारे समाज को हम विवेकशीलता का अनुयायी बना सकें। हम वि...
- ये हमारी कमजोरियाँ हैं, वरना आदमी के ऊपर क्या बन्धन हो सकता है?...? जानवर पर बन्धन हो सकते हैं, पैर में, गले में रस्सी बाँध दी। इनसान को कोई नहीं बाँध सकता, लेकिन उन्नत...
- ये हमारी कैसी मिट्टी पलीद कर रहे हैं?...? शंकर जी बोले—देख लीजिए, आप ही कह रही थीं कि ये गंगा जी नहाने आए हैं। ये कोई गंगा नहाने नहीं आए, वरन ...
- ये हमारी जिन्दगी?...? बेतुकी जिन्दगी-बेसिलसिले की जिन्दगी? बेतुकी जिन्दगी। बेहूदी जिन्दगी को हम जिस तरह से सँभाल पाते हैं?...
- ये हमारी बीवी है—आप यों क्यों कहते हैं?...? यों क्यों नहीं कहते—भगवान की बेटी है? यों कह देंगे तो क्या हर्ज़ है?
आप इस तरीके से, आप रात्रि क...
- ये हमारे दृष्टिकोण को परिष्कृत करते हैं और हमारे क्रिया- कलाप के बावत दिशाएँ देते हैं प्रेरणाएँ देते हैं कि हमारे जीवन का क्रिया- कलाप क्या होना चाहिए?...? और हमारे सोचने का तरीका क्या होना चाहिए? ये सारे के सारे क्रिया- कलाप हमको इस दिशा पर ले जाते हैं ता...
- ये हमारे दृष्टिकोण को परिष्कृत करते हैं और हमारे क्रिया-कलाप के बाबत दिशाएँ देते हैं, प्रेरणाएँ देते हैं कि हमारे जीवन का क्रिया-कलाप क्या होना चाहिए?...? और हमारे सोचने का तरीका क्या होना चाहिए? ये सारे के सारे क्रिया-कलाप हमको इस दिशा पर ले जाते हैं, ता...
- ये हवाएँ क्या काम करती हैं?...? ये हवाएँ यह काम करती हैं कि असंख्य मनुष्य उपकार में लगे दिखाई पड़ते हैं। गाँधी एक हवा थी, बुद्ध एक ...
- ये हवाएँ क्या काम करती हैं?...? ये हवाएँ यह काम करती हैं कि असंख्य मनुष्य उपकार में लगे दिखाई पड़ते हैं। गाँधी एक हवा थी, बुद्ध एक हव...
- ये हाहाकार और चीत्कारें कानों में नहीं आ रही हैं?...? उन्होंने उसके पौरुष को ललकारा और यह कहा कि जनखे! घर में बैठेगा? नहीं, तो फिर इन कौरवों से लड़? तेरे ...
- ये हिन्दू हैं कि जाहिल हैं?...? न जाने कौन है। देवी-देवताओं का क्या कहना! किसी भी मन्दिर में आप चले जाइये। दो-एक देवी देवता से काम चल...
- ये ही पूजा है, ये ही भजन है, भाई साहब, आप सुनते क्यों नहीं?...? नहीं साहब भजन में तो हम ग्यारह माला का जप करते हैं।...
- ये ही वैकुंठ में जाएँगे क्या?...? भोलेनाथ! आपने तो मेरी भी दुर्गति करा दी। यह आपने क्या किया? उन्होंने कहा कि पार्वती अभी देखती चलो। य...
- ये हुआ कैसे?...? असल में चक्कर क्या है? जिस भगवान के पास शक्ति के भंडार भरे पड़े हैं, जिसके पास प्यार के भंडार भर...
- यों अनुशासन कैसे चलेगा?...? विद्यार्थी उनकी बात कैसे मानेंगे?
वे काफी दिन तक सहन करते रहे, लेकिन जब उन्होंने देखा कि उपकुलपति के...
- यों कह देंगे तो क्या हर्ज़ है?...? आप इस तरीके से, आप रात्रि को, जब आप सोया करें, और आप मौत को याद किया करें, तो आप साथ-साथ में दो बाते...
- यों क्यों नहीं कहते—भगवान की बेटी है?...? यों कह देंगे तो क्या हर्ज़ है?
आप इस तरीके से, आप रात्रि को, जब आप सोया करें, और आप मौत को याद क...
- यों घर बैठे भी भोजन मिलने का प्रबन्ध ऐसे लोगों के लिए कठिन नहीं है, पर अहंकार गलाने का तो कोई न कोई स्वरूप चाहिए ही, इनके बिना साधु कैसा?...? ब्राह्मण कैसा? लोकसेवी कैसा?
गाँधी जी के आश्रम में निवासियों को टट्टी साफ करने, झाडू लगाने जैसे छो...
- यों घर-आँगन में बुहारी लगाकर सफाई की चिह्न पूजा तो किसी प्रकार होती ही रहती है?...? भटकाव में पड़ने की अपेक्षा हमें लक्ष्य निर्धारित करना चाहिए और उसे प्राप्त करने के लिए अपनी समूची तन...
- यों बड़े और दुस्साहसपूर्ण कदम ही बड़े प्रयोजन पूरे कर सकते हैं, पर वैसा न बन पड़े तो न कुछ से कुछ होना भी क्या बुरा है?...? किसी प्रकार, किसी कदर, कुछ कदम तो हमें बढ़ाने ही पड़ेंगे। शुभारम्भ श्रीगणेश तो करना ही होगा।
भगवा...
- यों मरना अभी देर में है, पर जब परस्पर मिलने-जुलने और हँसने-खेलने, सुनने और समझने की सुविधा न रही, एक-दूसरे से दूर-समीप के आन्नद से वंचित रहकर जीवित भी रहे, तो यह आनन्द उल्लास जिसे पाने का आदी यह मन बन चुका है, कहाँ मिल सकेगा?...? * जिनके असीम स्नेह जलाशय में स्वछन्द मछली की तरह क्रीड़ा कल्लोल करते हुए लम्बा जीवन बिता चुके, अब उस...
- योग क्या है?...? योग—बेटे! दो चीजों को मिला देने को कहते हैं। योग मीन्स जोड़ना। जोड़ माने योग। फिर किसका किससे जोड़? प...
- योग और तप में क्या अन्तर है?...? योग और तप की हम व्यावहारिक जीवन में व्याख्या करने लगें, तो हम इसे सभ्यता और संस्कृति कह सकते हैं। अब...
- योग का तरीका क्या हो सकता है?...? वह तरीका एक ही हो सकता है—तप। वेल्डिंग किस तरीके से की जाती है, आपमें से कोई इसका जानकार तो जरूर होग...
- योग का पहला क्रियाकलाप क्या है?...? गन्दगी की सफाई कर देना और गन्दगी को दूर करना। आप केवल शरीर की सफाई कर लेंगे, तो काम नहीं चलेगा। आपने न...
- योग कितने प्रकार के होते हैं?...? (४) योग का प्रयोजन और सदुपयोग क्या हैं? (५) ज्ञान योग किस प्रकार बन्धन खोलता है? (६) कर्मयोग की व्या...
- योग किसको कहते हैं?...? समर्पण को कहते हैं। उस योग को सिखाने के लिए हमने स्वर्ण जयंती साधना वर्ष में 'सोऽहम्' की उपासना के ऊ...
- योग किसे कहते हैं और तप किसे कहते हैं?...? चलिए हमें इसे आपको समझाना चाहिए और यह समझाना चाहिए कि क्रिया, जो शरीर से सम्बन्धित की जाती है, यहाँ ...
- योग किसे कहते हैं?...? बेटे! योग क्रियाओं का नाम नहीं है। इसे मैं तुझे समझाऊँगा, बार-बार समझाऊँगा और हजार बार समझाऊँगा। ये ...
- योग किसे कहते हैं?...? बेटे! घुला देने को योग कहते हैं। घुला देना किसे कहते हैं? घुला देना यह है कि आदमी अपनी हस्ती को भगवा...
- योग की व्याख्या कीजिए?...? योग की व्याख्या है—ध्यानयोग। ध्यानयोग के बहुत से तरीके हैं। इनमें से थोड़े-थोड़े तरीके हम आपको सिखात...
- योग के नाम पर और क्या करता है?...? गुरुजी! योग के नाम पर एक स्वामी जी ने बताया था कि कपड़े की रस्सी खा जाया कर, उसे पेट में ले जाया कर...
- योग क्या है?...? योग का अर्थ होता है जोड़ देना। किसको किसके साथ जोड़ देना? जीव को ब्रह्म के साथ जोड़ना, क्षुद्रता को ...
- योग क्या हो सकता है?...? योग तो गुरुजी! उसे कहते हैं—नेति, धैति, वस्ति आदि को। अच्छा बेटे, यह तो बताओ कि योग का अर्थ है— भग...
- योग क्या होता है?...? मूलतः भावनात्मक होता है। भावनात्मक योग को पूरा करने के लिए हम आपको खेल-खिलौने भी कई बार खिलाते हैं। ...
- योग क्या होता है?...? बेटे! घुला देना, मिला देने का नाम योग है। जब हम किसी के साथ किसी को घुला देते हैं तो योग हो जाता है।...
- योग क्या होता है?...? योग कहते हैं बेटे, दो चीजों को मिला देने को। दो और दो का योग क्या होता है? चार। इसका क्या मतलब हुआ? ...
- योग में क्या आता है?...? ध्यान आता है। ध्यान की असंख्य प्रक्रियाएँ आती हैं। ध्यान की असंख्य प्रक्रियाओं में से प्रत्येक को हम...
- योगा कर रहे हैं?...? अरे बाबा! इस योग में यह क्या हुआ? वह योग तो शरीर का हुआ। शरीर को उल्टा कर रहा है। इससे क्या फायदा ...
- योगाभ्यास करती हैं?...? हाँ मेरा योगाभ्यास यह है कि मैं समझती हूँ कि मेरा जो काम पड़ा हुआ है, उसे मैं अपना उत्तरदायित्व समझ...
- योगाभ्यास का सिद्धान्त यही है?...? मैं आपसे ही पूछता हूँ, जरा बताइए तो सही।आप देवियों को क्या समझते हैं? हम तो मछली समझते हैं। आटे की ग...
- योगिनी हूँ, तू समझता क्या है?...? बाबा जी बैठे रहे। जब वह अपने पति की सेवा करके आई, तो भिक्षा दिया। उन्होंने भिक्षा तो ले ली, पर ए...
- योग्यता आप बढ़ाते नहीं तो फिर किस तरह से आपकी सहायता करेंगे?...? दूसरी शर्त है-आप अपने में परिश्रम का माद्दा बढ़ाइए। आप में परिश्रम का माद्दा कम है। आपको जितना परिश्...
- योजनाबद्ध कार्य नहीं करते, जब आया मनमरजी से काम कर लिया, नहीं हुआ तो नहीं किया इससे अस्तव्यस्तता में हमारा जीवन नष्ट हो जाता है, जबकि समय का थोड़ा सा भी उपयोग करते तो कितना लाभ उठा सकते थे?...? चौथा निग्रह-अर्थनिग्रह भी ऐसा महत्त्वपूर्ण है। पैसे को विलासिता लेकर न जाने किस-किस काम में व्यसनों ...
- यौन कार्य अत्यन्त जिम्मेदारियों से लदा हुआ माना जाएगा, उसमें हाथ डालने से पहले दोनों पक्षों को सौ बार विचार करना पड़ेगा कि आखिर हम क्या करने जा रहे हैं और इसका परिणाम हम दोनों को दो परिवार वालों को-सारे समाज को कितने दिन तक कितनी कष्टसाध्य प्रक्रिया के साथ भुगतना पड़ेगा?...? कामुकता का वर्तमान माहौल गैर जिम्मेदारी की चरम सीमा है। इस सन्दर्भ में नए विचार नए प्रचलन करने में क्...
- यौन सम्भावनाओं का निर्बाध अवसर होते हुए भी भावनात्मक पवित्रता किस प्रकार पवित्रता को अक्षुण्ण बनाए रह सकती है—इसका मूर्तिमान प्रमाण बहन से बढ़कर इस धरती पर और क्या हो सकता है?...? पति के प्रति स्वेच्छा से समर्पण, उसके लिए सब कुछ लुटा देने का उत्साह देखते ही बनता है।...
- रँगने के लिए और रमने के लिए हम बार-बार पुकार करते हैं—हमको कहाँ जाना है?...? कहाँ देखना है? हमारा लक्ष्य क्या हो सकता है? राम की सुगन्ध से हम सुगन्धित बनना चाहते हैं, इसलिए हम उ...
- रंग से क्या मतलब हैं?...? भगवान का नाम नहीं भी सही, चलिए मैं तो अब यह भी कहता हूँ। तो भी आपका धुला हुआ कपड़ा इतना शानदार, इतन...
- रंग-रूप को तलाश करेंगे न?...? आखिर आपको क्या हो गया है? मैं यह पूछता हूँ कि आपको क्या हुआ?
मित्रो! परिवार एक शालीनता की निशानी...
- रक्त आपको दूध के रूप में पिला दिया हो, उसके एहसान का क्या ठिकाना?...? काश! कभी आपने उस माँ को एहसान की दृष्टि से देखा होता, तो आपको मालूम होता कि देवता और कहीं नहीं हैं...
- रक्त के एक कण की क्या कीमत हो सकती है?...? आप बताइये। रक्त के सारे कणों का समूह जब मिल जाता है, तो ही तो खून का संचार होता है। एक कण जरा सा निक...
- रक्त के एक कण की क्या कीमत हो सकती है?...? रक्त के सारे कणों का समूह जब मिल जाता है, तभी तो खून का संचार होता है। एक कण से क्या होता है, संयुक्...
- रक्त कैसा होता है?...? शरीर विज्ञान किसे कहते हैं? किडनी कैसी होती है? शरीर के अंग-प्रत्यंग जानने के लिए, उनके क्रिया-कलाप ...
- रक्त में विषाक्तता भरी रहे तो फुन्सियों पर मरहम लगाने भर से क्या बात बने?...? एक सुधार पूरा होने से पूर्व ही सौ नये बिगाड़ उठे तो चिरस्थायी सुधार की सम्भावना नहीं रहेगी।अपने समय की...
- रखवाली कैसे करता है?...? भाई साहब! यह सब बातें हम पीछे बतायेंगे, पहले हमको यह बताने दीजिए कि किसान को और माली को जमीन की जर...
- रखवाली का इंतजाम किया?...? नहीं साहब! रखवाली का तो इंतजाम नहीं किया है। तो मैं बताए देता हूँ कि जब फल आएँगे तो उन पर चिड़ियाँ आ...
- रमणी का वह अंग, जिसको कि नहीं देखना चाहिए, उसको दिखाने वाला चित्रकार अगर आज का कलाकार है, तो हम नहीं जानते कि फिर घटिया व्यक्ति किसे कहेंगे?...? कलाकार साधक बनें, मार्गदर्शक बनें
यही बात गायकों-वादकों और अभिनय करने वालों के बारे में भी ल...
- रमणी का वह अंग, जिसको कि नहीं देखना चाहिए, उसको दिखाने वाला चित्रकार अगर आज का कलाकार है, तो हम नहीं जानते कि फिर घटिया व्यक्ति किसे कहेंगे?...? कलाकार साधक बने, मार्गदर्शक बनें यही बात गायकों, वादकों और अभिनय करने वालों के बारे में भी लागू होती...
- रमेश अपने पापा से आलमारी की चाबी माँगता है तो उसके पापा कहते हैं कि क्या करेगा चाबी का?...? तो वह कहता है कि टॉफी लाऊँगा तथा सभी को बाँटने का प्रयास करूँगा। अच्छा तू टॉफी जायेगा। रमेश की माँ ज...
- रवाना होते-होते वह सारे देशों के राजकुमारों से मिली और यह पता लगाया कि हमारे लिए कोई दूल्हा है क्या?...? कोई भी दूल्हा उसको पसन्द नहीं आया। जंगल में एक दिन निकलकर जा रही थी सावित्री रथ समेत। उसने एक लड़के को...
- रवाना होते-होते वह सारे देशों के राजकुमारों से मिली और यह पता लगाया कि हमारे लिए कोई दूल्हा है क्या?...? कोई भी दूल्हा उसको पसन्द नहीं आया। जंगल में एक दिन निकलकर जा रही थी सावित्री रथ समेत। उसने एक लड़के क...
- रवि मेर्हर बोले-दे क्यों नहीं दिए पराई वस्तु की कामना क्यों की जाए?...? ठीक है कहकर वह उन्हें शयनागार में ले गई जहाँ तीनों बच्चों के शव पड़े थे। मेर्हर फूट-फूट कर रोने लगे त...
- रवीन्द्रनाथ टैगोर अब नहीं हैं और उनकी कविताओं का संग्रह हमारे लिए क्या सुरक्षित नहीं है?...? मीराबाई अब जीवित नहीं है, तो क्या उनकी कविताओं का संग्रह हमारे लिए जीवित नहीं है? सूरदास से लेकर तुल...
- रवीन्द्रनाथ टैगोर अब नहीं हैं, और उनकी कविताओं का कवित्त हमारे लिए सुरक्षित नहीं है?...? मीरा बाई अब जीवित नहीं है, तो क्या उनके कविताओं का कवित्त हमारे लिए जीवित नहीं है? सूरदास से लेकर तु...
- रस किसे कहते है?...? रस, आनन्द को कहते हैं। आनन्द कहाँ है? भगवान में है। भगवान कैसा होता है? आत्मीयता आप जिसके ऊपर आरोपित क...
- रस कौन है?...? हमारी जीवात्मा है, जो रस से भरी पड़ी है। आनन्द के अलावा इसमें और कुछ है ही नहीं। अच्छा महाराज जी! आ...
- रस क्या है?...? भगवान है। रस कौन है? हमारी जीवात्मा है, जो रस से भरी पड़ी है। आनन्द के अलावा इसमें और कुछ है ही न...
- रसिया वाले वहम में हैं?...? नहीं हैं। चाइना वाले वहम में हैं? नहीं हैं। जर्मनी वाले वहम में हैं? वो भी नहीं हैं। दूसरे वाले भी व...
- रहने दे, गुरुजी तो साथ रहते हैं, ऐसा कैसे समझता है?...? वास्तव में हैं भी। वास्तव में हम समझते हैं कि हम गुरुजी से जुड़े हैं, पर आपको कुछ त्याग करना पड़ेगा।...
- राई की नोंक के बराबर क्या है?...? राई की नोंक के बराबर यह है कि यह एक शिक्षण है और पहाड़ के बराबर इसलिए है कि इन शिक्षणों को आप स्वीका...
- राई जितने छोटे बीज का विशाल वट-वृक्ष के रूप में सुविस्तृत हो जाना क्या कोई कम आश्चर्य की बात है?...? यह अपनी सृष्टि ऐसे ही आश्चर्यों का प्रदर्शन पग-पग पर करती है। सच तो यह है कि संसार में जो कुछ हो चुक...
- राक्षस और देवताओं का क्या हुआ?...? देवता भाग गये। देवता भागकर के यहाँ छिपे, वहाँ छिपे। आखिर में ब्रह्माजी के पास जा पहुँचे और ब्रह्माजी...
- राक्षस कितना बड़ा था?...? समझ लीजिए छत के बराबर रहा होगा। और भीम? छोटा सा ही था। भीम लड़ने के लिए चला गया। महाभारत की कथा के अन...
- राक्षस कितना बड़ा था?...? समझ लीजिए छत के बराबर रहा होगा। और भीम? छोटा सा ही था। भीम लड़ने के लिए चला गया। महाभारत की कथा के अन...
- राक्षस कितने जबरदस्त हैं?...? इनसे लोहा कौन लेगा? संस्कृति की सीता को वापस लाने का काम कठिन मालूम पड़ता है। अब वह कहाँ चली गई? वह ...
- राक्षस कितने जबरदस्त हैं?...? इनसे लोहा कौन लेगा? संस्कृति की सीता को वापस लाने का काम कठिन मालूम पड़ता है। अब वह कहाँ चली गई? वह त...
- राक्षस की कोई आकृति नहीं होती?...? नहीं बेटे! आकृति कोई नहीं है, प्रकृति होती है। राक्षस वैसे ही होने सम्भव हैं, जैसे आप और हम।
द...
- राक्षस की कोई आकृति नहीं होती?...? नहीं बेटे! आकृति कोई नहीं है, प्रकृति होती है। राक्षस वैसे ही होने सम्भव हैं, जैसे आप और हम।देवता स्व...
- राक्षस कैसा होता है?...? राक्षस ऐसा होता है, जैसे कि समधी होता है। समधी कैसा होता है? समधी ऐसा होता है, जो दहेज के बिना शादी-...
- राक्षस कैसे होते हैं?...? जिनके दाँत बड़े-बड़े होते हैं। हमारे पिताजी के दाँत बड़े-बड़े हैं तो क्या वे राक्षस हैं? नहीं बेटे! ...
- राक्षस कैसे होते हैं?...? जिनके दाँत बड़े-बड़े होते हैं। हमारे पिताजी के दाँत बड़े -बड़े हैं तो क्या वे राक्षस हैं? नहीं बेटे! वे ...
- राक्षस कैसे होते हैं?...? दो-दो योजन मूँछें ठानी। दो-दो योजन लम्बी उनकी मूँछें थीं। ऐसे जबरदस्त राक्षसों से लड़ने के लिए आमादा ...
- राक्षस क्यों मार सकते हैं?...? तुम तो देव हो। तुम्हारे पास तो वेदों का ज्ञान है। तुम तो ऋषि हो। तुम तो बड़े जबर्दस्त हो। तुम्हारे पा...
- राक्षस हमसे अगर यह कहेंगे कि आप अपनी चाल बदल लीजिए तो हम क्या करेंगे?...? इसलिए मनुष्यों की चालाकी को देखकर देवताओं ने यह समझा कि यदि हम मनुष्यों के शरीर में प्रवेश कर जाएँ त...
- राक्षस हमारा क्या करेगा?...? राक्षस माने, हमारी परिस्थितियाँ, जिनमें हम उलझते हुए चले जाते हैं मकड़ी की तरह। मकड़ी जो होती है वह ...
- राक्षस हमारी जमीन छीन लेंगे तो हम क्या करेंगे?...? राक्षस हमसे अगर यह कहेंगे कि आप अपनी चाल बदल लीजिए तो हम क्या करेंगे? इसलिए मनुष्यों की चालाकी को दे...
- राक्षसों की शक्ल कैसी होती है?...? काली होती है। क्यों साहब दक्षिण भारत के लोग तो काले होते हैं, फिर ये सब राक्षस हैं? नहीं बेटे! ये रा...
- राक्षसों की शक्ल कैसी होती है?...? काली होती है। क्यों साहब दक्षिण भारत के लोग तो काले होते हैं, फिर ये सब राक्षस हैं? नहीं बेटे! ये रा...
- राजकुमार ही रहना होगा तो भगवान के राजकुमार क्यों नहीं रहेंगे?...? बस, भगवान का राजकुमार बनने का फैसला करने के बाद में जैसे उसने किया। सहायता करने वाले कम हैं क्या? ना...
- राजकुमारी की आँखों से आँसू टपकने पर और कहने पर कि ‘‘को वेदान् उद्धरस्यसि?...? ’’ अर्थात्—‘‘वेदों का उद्धार कौन करेगा?’’ इसके उत्तर में कुमारिल भट्ट ने कहा था कि—‘‘अभी एक कुमारिल ...
- राजकुमारी देखकर के मजाक करने लगी, हँसने लगी; ये बन्दर जैसा कौन आ बैठा है?...? बस, उसने माला तो नहीं पहनाई और दूसरे राजकुमार को माला पहना दी। नारद जी फिर दुःखी हुए, और फिर विष्णु ...
- राजकुमारी देखकर मजाक करने लगी, हँसने लगी; ये बन्दर जैसा कौन आ करके बैठा है?...? बस, उसको माला तो नहीं पहनाई और दूसरे राजकुमार को माला पहना दी। नारद जी दुःखी हुए, फिर विष्णु भगवान क...
- राजकुमारी नंगी कैसे-कहाँ जाती?...? लाज बचाने के लिये वह तब से लेकर अब तक जंगलों में भटकती, किसी प्रकार कहीं लुक छिपकर जीवनयापन कर रही ह...
- राजकुमारी ने देखा कौन बैठे हुए हैं?...? नारद जी का और भी बुरा रूप बना दिया बन्दर जैसा। राजकुमारी देखकर के मजाक करने लगी, हँसने लगी; ये बन्दर...
- राजकुमारी ने देखा—कौन बैठा है?...? नारद जी का और भी बुरा रूप बना दिया—बन्दर जैसा। राजकुमारी देखकर मजाक करने लगी, हँसने लगी; ये बन्दर जै...
- राजनीति क्या है?...? समाज क्या है? एक नागरिक कर्तव्य क्या है? जीविका उपार्जन कैसे करनी चाहिए? अर्थशास्त्र क्या है? वगैरह।...
- राजनीति क्या है?...? समाज क्या है? नागरिक कर्तव्य क्या है? आजीविका उपार्जन कैसे करना चाहिए? अर्थशास्त्र क्या है? आदि बात...
- राजनैतिक गुलामी दूर हो गई तो क्या?...? बौद्धिक गुलामी जहाँ की तहाँ है। बौद्धिक गुलामी जहाँ की तहाँ है। अकल की दृष्टि से हम बेहद बुरी तरीके ...
- राजयोग किसका है?...? ये मानसिक हैं। शरीर के लिए हठयोग हैं और भी बहुत सारे योग हैं, जिसकी व्याख्या में मैं आपको नहीं ले जा...
- राजसत्ता का सुख, वैभव, मजा और लोभ--प्रलोभन क्या है?...? इससे उन्होंने अपने आपको सदैव दूर ही रखा। तो क्या राजनीति की कोई सेवा नहीं की हनुमान जी ने? भला हनुमा...
- राजसत्ता का सुख, वैभव, मजा और लोभ-प्रलोभन क्या है?...? इससे उन्होंने अपने आपको सदैव दूर ही रखा। तो क्या राजनीति की कोई सेवा नहीं की हनुमान जी ने? भला ह...
- राजसत्ता की शक्ति कितनी बड़ी है और वह क्या कर सकती है?...? इसे देखना हो तो जर्मनी में पिछले दिनों हिटलर की शासन सत्ता को देख सकते हैं। उसने सारी की सारी शिक्...
- राजसत्ता की शक्ति कितनी बड़ी है और वह क्या कर सकती है?...? इसे देखना हो तो जर्मनी में पिछले दिनों हिटलर की शासन सत्ता को देख सकते हैं। उसने सारी की सारी शिक्षा...
- राजसूय यज्ञ कैसे होते थे?...? जैसा युधिष्ठिर ने किया था। अश्वमेध कैसे होते थे? जैसा कि रामचंद्र जी के जमाने में हुआ था। अश्वमेध का...
- राजहंस कैसे होते हैं?...? राजहंस पर कहीं भी काला निशान नहीं होता। जो हँस तालाबों में पाये जाते हैं, उन पर निशान होते हैं। उन...
- राजहंस खाते क्या हैं?...? बेटे वे मोती खाते हैं, कीड़े नहीं खाते। क्यों साहब! यह राज हँस की खासियत है? हाँ बेटे, यह राजहंस की...
- राजा कर्ण के बारे में सुना है?...? राजा कर्ण रोज सवा मन सोने का दान करते थे और मैं आपसे कहता हूँ कि विचारशील व्यक्ति सवा मन ज्ञान का दा...
- राजा जनक के संवाद में एक प्रसंग आता है कि एक व्यक्ति ने उनसे पूछा कि सबसे बड़ा सन्त कौन है?...? उन्होंने कहा कि रैक्यमुनि। रैक्य कौन है? एक गाड़ीवान है, जो बैलगाड़ी चलाकर अपना गुजारा करता है। हमने उ...
- राजा ने उसको बहुत सारा धन दिया और कहा—"तू तो साधारण किसान है न?...? " उसने कहा—"हाँ, मैं किसान हूँ।" उन्होंने कहा—"तेरी पूर्ति नहीं हो पाती होगी, सो यह धन ले जा?" रैक्य...
- राजा ने कहा-गुरुजी आप यहाँ कैसे, आप तो हमारे गुरु हैं?...? आइये इस बग्घी में बैठ जाइये। लालाजी यह सब देख रहे थे। उन्होंने आरती उतारी, सवारी आगे बढ़ गयी। थोड़ी ...
- राजा ने कहा—यह कैसे सम्भव है?...? उन्होंने कहा—यह बात इसलिए सम्भव है कि हममें से हर आदमी खूब मेहनत करता है। बीमारियाँ आती हैं औ...
- राजा ने विस्मय से पूछा-‘‘आपने मेरे लिये समाधि क्यों भंग की?...? उपासना क्यों बन्द कर दी?’’ सन्त मधुर वाणी में बोले-‘‘वत्स! भगवान् की इच्छा है कि उनके संसार में कोई ...
- राजा ने सोचा—हँस और हँसिनी जो बात कर रहे हैं, मेरा और इसका मुकाबला कहाँ?...? राजा ने उसको बहुत सारा धन दिया और कहा—"तू तो साधारण किसान है न?" उसने कहा—"हाँ, मैं किसान हूँ।" उन्ह...
- राजा परीक्षित विचार करने लगे कि कथा व्यास जी से कहलवाएँ या किसी और से?...? उन्होंने कहा कि व्यास जी से नहीं, शुकदेव जी से कथा कहलवाऊँगा? शुकदेव जी कौन है? व्यास जी के बेटे हैं...
- राजा परीक्षित विचार करने लगे कि मनुष्य के जीवन का उपयोग करने का सबसे अच्छा तरीका क्या है?...? विचार करने पर एक ही बात समझ में आई कि मनुष्य का मन, मनुष्य की अन्तरात्मा इतनी महान और इतनी विशाल है क...
- राजा साहब ने उन्हें पास बिठा लिया और कहा—आप अच्छे तो हैं?...? कोई कष्ट हो तो बताना। दोनों बात कर रहे थे और सेठ जी की हवा खराब हो रही थी। उस जमाने में राजा साहब क...
- राजा हर्षवर्धन अफगानिस्तान के थे और अरब देशों तक उनका राज्य था और कहाँ-कहाँ था?...? इंडोनेशिया तक आप चले जाइए। बर्मा से लेकर के जावा तक चले जाइए।
पुरानी स्थिति देखते चले जाइए। पुरा...
- राजाओं के मणि-मुक्तकों से जड़े राजमुकुट और सिंहासन, न जाने धराशायी होकर कहाँ धूल चाट रहे होंगे?...? यह करतूतें उन्हीं पैशाचिक दुष्प्रवृत्तियों की हैं, जो मनुष्य पर उन्माद की तरह छाई रहती हैं और उसकी ब...
- राजेन्द्र बाबू बोले और इसमें क्षमा याचना की क्या बात?...? इतनी देर में अपने कपड़े सुखा लिए। क्योंकि बदलने के लिए दूसरे कपड़े न थे। (५) जेल में गाँधीजी के साथ-सा...
- राज्य परिवर्तन, खून-खराबे के बिना, आक्रोश-विद्रोह उभरे बिना कहाँ होते हैं?...? पर समर्थ हाथों से छिन कर सत्ता निर्धनों के, पिछड़ों के हाथों इतनी आसानी से चली जाएगी? यह बात मानव गल...
- राज्य बिक गया सो?...? हमने छीला है, तराशा है आपको
मित्रो ! इसमें कोई हर्ज की बात नहीं है। हीरा, जो कच्चा आता है, ...
- रात की झाड़ी—रात में जब हम जंगल में अकेले निकलते हैं, तो झाड़ी कैसी खौफनाक मालूम पड़ती है?...? ऐसी मालूम पड़ती है, जैसे कोई भूत बैठा हुआ हो। आहाहा! इस भूत के दाँत कितने बड़े हैं? ऐसे बड़े! आँखें कैस...
- रात के बाद जब दिन आ सकता है, तो खराब और गंदे जमाने के बाद अच्छा समय क्यों नहीं आयेगा?...? यह तर्क, यह दलील हमको कहती है। भविष्य की आशाएँ हमको कहती हैं, प्रकृति का चक्र हमको बताता है। हर चि...
- रात को आँवें में घुस जाया करेंगे, आप ही बताइए बर्तन पकेंगे क्या?...? कुछ भी नहीं होगा, सब बिगड़ जायेगा। इसलिए आप न बाहर की चिन्ता कीजिये, न शरीर को बाहर घूमने दीजिये, न बा...
- रात को चाँद का दीपक देखा है न?...? भगवान के यहाँ कोई दीपक की कमी नहीं है। हम भगवान को दीपक नहीं दिखाते हैं। दीपक दिखाने का अर्थ केवल अप...
- रात को जिसको बढ़िया वाली गहरी नींद आती है और जिसको यह पता रहता है कि कल रोटी हमें अवश्य मिलने वाली है, तो फिर कल की चिन्ता करने की क्या जरूरत है?...? हमको परेशान रहने की क्या जरूरत है और हमको निराश रहने की क्या जरूरत है। यह सारी की सारी व्यवस्थाएँ ...
- रात को ठंड लगे तब?...? ठंड लगे तो ओढ़ लिया कर माला को। नहीं, भगवान तो माला खाकर चुप रह जाते है। अच्छा भगवान के हिस्से में म...
- रात को ठंढ लगे तब?...? ठंढ लगे तो ओढ़ लिया कर माला को। नहीं, भगवान तो माला खाकर चुप रह जाते हैं। अच्छा भगवान के हिस्से में ...
- रात को डैडी नहीं आये थे?...? हाँ बेटे आये थे और सबेरे ऑफिस चले गये। समय सबके पास रहता है। गप्पें हाँकने के लिए समय है, सिनेमा देख...
- रात को सोते हुए आँख खुल गई तो न जाने कहाँ के विचार कर रहे हैं, किस तरह के विचार कर रहे हैं?...? असम्भव बातों के भी विचार कर रहे हैं। रात को सिनेमा देखा था। फलां औरत देखी थी, कैसी अच्छी है, उसकी हम ...
- रात को सोते हुए आँख खुल गई तो, न जाने कहाँ के विचार कर रहे हैं?...? किस तरह के विचार कर रहे हैं? असम्भव बातों के भी विचार कर रहे हैं। रात को सिनेमा देखा था; फलाँ औरत दे...
- रात को सोने में क्या मौन रखना?...? उस तरह के टाइम पर जिस पर कि लोगों के मिलने- जुलने की सम्भावना हो। घर वाले तो आपसे मिलते ही हैं सुबह- ...
- रात भर कौन बैठेगा आपके पास, दो-दो घण्टे सिर कौन फोड़ेगा?...? आप उनके पास किस तरीके से रहेंगे? वे अपना काम छोड़ करके आपके पास कैसे आएँगे? इसलिए एक ही तरीका है सत्...
- रात में भगवान् को दिखाई न पड़े, बात कुछ समझ में आती है; लेकिन क्या दिन में भी दिखाई नहीं पड़ता?...? दिन में भगवान् के आगे दीपक जलाने की क्या जरूरत है? इसकी जरूरत नहीं है। कौन कहता है कि दीपक जलाइए ...
- रात्रि के अन्धकार की व्यापकता कैसे मिटे?...? चन्द्रमा के निकट चाँदनी माँगने निशा कैसे पहुँचे। चन्द्रमा स्वयं ही परिभ्रमण करते हुए रात्रि की तमिस्...
- राधा जी का गोपियों से साथ छूट गया, पाण्डव कैसे परेशान हुए?...? आप जानते नहीं है? श्रीकृष्ण भगवान भी इन परेशानियों से जूझते रहे। उनका भांजा अभिमन्यु मारा गया और क्य...
- रानी गायत्री की पूजा और भजन कैसा है?...? वैसा ही जैसा कि बाराती गाते हैं, फूल चढ़ा देते हैं? चावल चढ़ा देते हैं, अक्षत चढ़ा देते हैं। गायत्री मं...
- रानी मक्खी शहद के छत्ते में बच्चे दिया करती है, लेकिन वह अकेले ही सब काम थोड़े ही कर लेती है?...? बाकी मक्खियाँ जाती हैं और जहाँ- तहाँ से फूलों का रस इकट्ठा करके ले आती हैं। सेनापति होते हैं, लड़ाई ल...
- राबिया ने कहा, पानी पर ही क्यों?...? पानी को तो मछली, मेढक गंदे करते रहते हैं। राबिया ने अपना मुसल्ला उठाया और हवा में फेंक दिया। मुसल्...
- राबिया ने कहा—हसन इस समय नमाज पानी में पढ़ने से क्या फायदा?...? चलो हवा में तैरेंगे और हवा में तैरकर नमाज पढ़ेंगे। सन्त की आँखें नीची हो गईं। वह नीचे बैठे हुए थे। शर्...
- राम अकेले अगर रावण को मार सकते तो उन्होंने वहीं से क्यों नहीं मार दिया?...? नहीं साहब, अकेले राम नहीं मार सकते थे। हाँ बेटे, अकेले नहीं मार सकते थे। उन्हें रीछों की सेना लेनी प...
- राम अकेले अगर रावण को मार सकते, तो उन्होंने वहीं से क्यों नहीं मार दिया?...? नहीं साहब, अकेले राम नहीं मार सकते थे। हाँ, बेटे, अकेले नहीं मार सकते थे। उन्हें रीछों की सेना लेन...
- राम और कृष्ण दोनों के दोनों, जिनका चरित्र हम आपको पढ़ाने वाले हैं, जिनकी शिक्षाएँ हम आपको देने वाले हैं और जिनके हम अनुयायी बनाने वाले हैं और आपको जिनका अनुचर बनाने वाले हैं, वे कौन हो सकते हैं?...? वे बहादुर हो सकते हैं। क्षत्रिय से मतलब हमारा जाति-बिरादरी से नहीं है। जाति बिरादरी का मैं कायल ...
- राम और कृष्ण दोनों के दोनों, जिनका चरित्र हम आपको पढ़ाने वाले हैं, जिनकी शिक्षाएँ हम आपको देने वाले हैं और जिनके हम अनुयायी बनाने वाले हैं और आपको जिनका अनुचर बनाने वाले हैं, वे कौन हो सकते हैं?...? वे बहादुर हो सकते हैं। क्षत्रिय से मतलब हमारा जाति-बिरादरी से नहीं हैं। जाति-बिरादरी का मैं कायल नही...
- राम का नाम और राम का काम—दोनों का क्या सम्बन्ध है?...? देखें—
सहज राम को नाम है, कठिन राम को काम।
करत राम को काम जो, पड़त राम से काम॥
राम का क...
- राम का नाम क्या है बेटे?...? हमारी जीवात्मा, हमारा अन्तःकरण ग्यारह-ग्यारह विद्यार्थियों को पाठ पढ़ाता है। ये ग्यारह विद्यार्थी कौन...
- राम का नाम क्या है?...? राम का नाम एक शराब है, राम का नाम एक नशा है, राम का नाम एक मस्ती है।...
- राम का नाम लेता है तू?...? चालाक! बेईमान! सब भार सौंप दिया भगवान तुम्हारे हाथों में। क्या-क्या सौंप दिया भार? बिना बना मकान पड़ा...
- राम का नाम लेना क्या मुश्किल है?...? जब हम सबेरे गार्डन में घूमने जाते हैं, तो सबेरे ही राम नाम का कीर्तन शुरू हो जाता है। रेडियो का बटन ...
- राम का नाम लेने और समाज की सोचने से क्या फायदा?...? यही कहता था उसका बाप। बेटा कहता था कि नहीं पिताजी सोना की जरूरत नहीं है। जब अपने देश में गरीब और दुख...
- राम का नाम सिद्ध होता है कि नहीं होता?...? हनुमान का नाम सिद्ध होता है कि नहीं होता। चरित्रनिष्ठा और व्यक्तित्व परिष्कार का दें शिक्षण आपने त...
- राम का मतलब?...? उद्देश्यों का, सिद्धान्तों को। सिद्धान्तों और आदर्शों का वरण करने वाले आदमी को शुरू-शुरू में जरूर हैरा...
- राम की भावना होगी, तो राम के साथ कैसे व्यवहार किया जाय?...? राम हमारे घर पर आएँ, तो राम की पूजा किस तरीके से करें? कैसे व्यवहार करें? उसके लिए आपको विचार करना ह...
- राम के नाम का तो तोते भी उच्चारण कर लेते हैं, पर उससे उनका कल्याण होता है क्या?...? तोतेरटन का नाम नहीं है ईश्वरविश्वास मित्रो! तोते को मैंने ऐसा सुन्दर गायत्री मंत्र बोलते हुए देखा है...
- राम के नाम का नशा कभी आया है?...? नहीं, बेटे! राम के नाम का नशा कभी नहीं आया है। राम के नाम की मस्ती कभी आई है? राम के नाम की कभी मस्त...
- राम के नाम की मस्ती कभी आई है?...? राम के नाम की कभी मस्ती नहीं आई है आपको। राम के नाम की मस्ती आती, तो आपकी आँखों में चमक दिखाई पड़ती, ...
- राम के नाम के महत्त्व के बारे में कितना लिखा है?...? रामायण में लिखा है, यहाँ लिखा वहाँ लिखा है; लेकिन साथ-साथ में यह भी लिखा कि इसको जीभ की नोक से उतारन...
- राम के नाम से कहीं किसी का पाप दूर हुआ है?...? पाप दूर करने के बाद में राम का नाम लिया जाय, तो वह सार्थक हो जायेगा। असली सिद्धान्त यही है, जो मैं...
- राम को भगवान क्यों कहते हैं?...? कृष्ण को भगवान क्यों कहते हैं?
बेटे! इसलिए कहते हैं कि अपने स्वार्थ को त्याग करके वे परमार्थ में ...
- राम क्या पहले कृपा करेंगे?...? नहीं, पहले तो कृपा की ही नहीं भगवान ने। ऐसी भगवान ने ऐसी भगवान में खराबी और चालाकी है कि शुरुआत में ...
- राम क्या है?...? राम हमारा लक्ष्य है, राम हमारा मॉडल है। हम पुकारते रहते हैं, हम तलाश करते रहते हैं राम को।एक बार ऐसा...
- राम नाम लेने के बाद में, राम का भजन करने के बाद में वे ऋषि हुए थे कि नहीं हुए थे अथवा उसी तरह के घटिया आदमी बने हुए थे?...? जिनके-जिनके नाम आपने अभी लिए हैं, उनका हवाला दीजिए और यह बताइए कि जो राम-नाम जप करते थे और उनके मंत्...
- राम ने कहा—स्थूल रावण को तो मार दिया, पर यह कैसे मारा जाएगा?...? गुरु वशिष्ठ ने कहा—अश्वमेध यज्ञ से। रामचंद्र जी ने दस अश्वमेध यज्ञ किए। बनारस के जिस स्थान पर दस अश्...
- राम राम राम राम राम—ये क्या बोल रहा हैं गुरु जी?...? बेटा! तू समझ ले। चाहे मरा-मरा समझ ले, चाहे राम-राम समझ ले। ‘म’ से शुरू करेगा तो ‘रा’ पर खत्म करना पड़...
- राम हमारे घर पर आएँ, तो राम की पूजा किस तरीके से करें?...? कैसे व्यवहार करें? उसके लिए आपको विचार करना होगा। रामराज की दुकान पर गरमागरम मलाईदार दूध मिलता है। ब...
- राम हमारे जीवन में जब आएँगे, तब उसका तरीका क्या हो जाएगा?...? रूप क्या हो जाएगा? तरीका देखिये विलक्षण हो जाएगा, असाधारण हो जाएगा। किसका? राम के नाम का। क्या तरीका...
- राम हैं, तो क्या वे राम जिनका मैं भजन करती हूँ?...? उत्तर मिला हाँ, हम वही राम हैं जिनका आप भजन करती हैं।तो आज आप यहाँ मेरे दरवाजे पर कैसे आ गये? राम ...
- राम-नाम लेने के बाद में, राम का भजन करने के बाद में वे ऋषि हुए थे कि नहीं हुए थे अथवा उसी तरह के घटिया आदमी बने हुए थे?...? जिन-जिन के नाम आप लेते हैं, उनका हवाला दीजिए और यह बताइए कि जो राम-नाम जप करते थे और उनके मंत्र में ...
- राम-नाम लेने से मुक्ति हो सकती है?...? मुक्ति हो भी सकती है और नहीं भी हो सकती है तथा राम-नाम लेने से नरक में भी जा सकते हैं। कैसे? जैसे कि...
- राम-राम से हमारा क्या हो जाता है?...? राम का नाम सरल है पर राम का काम कठिन है। वाल्मीकि ने कहा कि मैं राम का कठिन काम भी करूँगा और राम का ...
- राम-राम, यह क्या कह रहे हैं—आप भगवान के बारे में?...? सच कहता हूँ। उसने कहा कि हमारी मीरा मरेगी, तो हमको भी मरना चाहिए। आपने पतिव्रता स्त्रियों के बारे मे...
- रामकृष्ण उनके पास स्वयं गए थे?...? जिसको दिया है, वो वजनदार आदमी होना चाहिए। अनुदान देने के लिए इन दिनों देवता व्याकुल हो रहे हैं। पहले...
- रामकृष्ण परमहंस की आँखों ने वहाँ से देखा और कहा कि स्वयं के लिए, अपने लिए, विलासिता के लिए मेरी शक्ति से लोगों को प्रभावित और चमत्कृत करेगा?...? उसके द्वारा जो लोगों में श्रद्धा उत्पन्न होगी, तो तू उससे अपने लिए लाभ उठाएगा? अच्छा, ठहर, अभी तुझे ...
- रामकृष्ण परमहंस की आज्ञा न मानते विवेकानन्द, तो क्या वे विवेकानन्द बनते?...? आशीर्वाद लेकर घर बैठ जाते। आपको यहाँ से जाने के बाद में बदलना है। हम आपको प्रेरणा देंगे। हमारा आशीर्...
- रामकृष्ण परमहंस के पास पैसा था?...? ईसामसीह के पास पैसा था? किसके पास पैसा था? पैसा डाकुओं के पास है, चोरों के पास है, नेताओं के पास ह...
- रामकृष्ण परमहंस को आँखों ने वहाँ से देखा और कहा कि स्वयं के लिए, अपने लिए, विलासिता के लिए मेरी शक्ति से लोगों को प्रभावित और चमत्कृत करेगा?...? उसके द्वारा जो लोगों में श्रद्धा उत्पन्न होगी, तो तू उससे अपने लिए लाभ उठाएगा? अच्छा, ठहर, अभी तुझे ...
- रामकृष्ण परमहंस विवेकानन्द के पास गये थे?...? वे कहते थे कि तू क्या करेगा-नौकरी करेगा? अरे हमारा काम हर्ज हो रहा है और तू नौकरी के फेर में पड़ा...
- रामचंद्र जी अवतार थे?...? हाँ, अवतार थे। अवतार कोई अकेला आता है? कोई अवतार कभी अकेला नहीं आता। निन्यानवे आदमी साथ में आते हैं ...
- रामचंद्र जी कहीं दिखाई पड़ते हैं?...? श्रीकृष्ण भगवान कहीं दिखाई पड़ते हैं? हनुमान जी की कहीं आपने शक्ल देखी है? जब इतने बड़े-बड़े महापुरुष औ...
- रामचंद्र जी की कितनी कलायें थीं?...? बारह थीं। कलायें कितनी होती हैं। बेटे, पहले जमाने में एक रुपये के चौंसठ पैसे होते थे, तो चौंसठ कला...
- रामचंद्र जी के पिता का नाम वसिष्ठ थोड़े ही था?...? दशरथ जी था।...
- रामचंद्र जी जब आए थे, तब?...? तब वे अकेले नहीं आए थे। निन्यानवे आदमी साथ में आए थे। रामचंद्र जी अवतार थे? हाँ, अवतार थे। अवतार कोई...
- रामचंद्र जी जब आए थे, तब?...? तब वे अकेले नहीं आए थे। निन्यानवे आदमी साथ में आए थे। रामचन्द्रजी अवतार थे? हाँ, अवतार थे। अवतार कोई...
- रामचंद्र जी ने कहा कि तो फिर बताएँ इसके लिए क्या किया जाए?...? उन्होंने कहा-यहाँ कैसे बताऊँ, इसके लिए तो उपयुक्त वातावरण में चलना पड़ेगा। यहाँ जैसा वातावरण कहाँ है?...
- रामचंद्र जी ने कहा कि राजगद्दी क्या होती है?...? इससे तो वनवास बेहतरीन है। इनसान को क्या चाहिए? पैसा चाहिए, विलासिता चाहिए, नौकरी में तरक्की चाहिए, प...
- रामचंद्र जी ने कहा कि राजगद्दी क्या होती है?...? इससे तो वनवास बेहतरीन है। इनसान को क्या चाहिए? पैसा चाहिए, विलासिता चाहिए, नौकरी में तरक्की चाहिए, प...
- रामचंद्र जी ने भी कुछ किया?...? हाँ, बहुत कुछ किया। सुग्रीव को रामचंद्र जी की सहायता न मिली होती तब? तब आप क्या ख्याल करते हैं, राज्...
- रामचंद्र जी पर, दो बार ऐसी मुसीबत क्यों आई?...? कौशल्या ने कहा कि स्वयंभू मनु और शतरूपा रानी के रूप में हमने लम्बे समय तक तप किया था और कहा था कि भगव...
- रामचंद्र जी महाराज को आप ऐसा दूध देंगे?...? नहीं, आप ऐसा दूध नहीं दे सकते। जब आपको सारे विश्व में भगवान दिखाई पड़ेगा, जब आपको सारे समय भगवान दिखा...
- रामचंद्र जी हमारे पास आएँगे?...? आपके पास नहीं आएँगे। क्यों नहीं आएँगे? इसलिए नहीं आएँगे कि तुलसीदास जी ने राम के नाम को ग्रहण करने क...
- रामचन्द्र जी कहाँ से पैदा हुए?...? यज्ञ से पैदा हुए। लक्ष्मण यज्ञ से पैदा हुए, भरत-शत्रुघ्न यज्ञ से पैदा हुए। जिन लोगों के जीवन यज्ञ से...
- रामचन्द्र जी का बुढ़ापे वाला कोई फोटो खरीदकर तो लाना?...? नहीं साहब! उनके फोटो तो बिना मूँछ के हैं जो अठारह साल के मालूम पड़ते हैं। अच्छा तो श्रीकृष्ण भगवान का...
- रामचन्द्र जी की औरत कहाँ चली गई?...? जंगल में चली गई और वहीं बच्चों का जन्म हुआ। मित्रो! आखिर में बूढ़े होने के बाद में रामचन्द्र जी क...
- रामचन्द्र जी के कहाँ हैं इतने मन्दिर?...? रामचन्द्र जी के मन्दिर में तो भोग कैसा भी लगे, किन्तु हनुमान जी को लड्डू का भोग लगता है। उनके खानदान ...
- रामचन्द्र जी के पास सुख कहा था?...? वे तो दुःख ही दुःख में रहे। अच्छा, तो महाराज जी! मैं श्रीकृष्ण भगवान का जप करूँगा? कर ले बेटे, त...
- रामचन्द्र जी के पिता का नाम वशिष्ठ थोड़े ही था?...? दशरथ जी था। आप भी तो हमारे बालक हैं? जिस तरीके से राम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न चारों भाइयों को लेकर...
- रामचन्द्र जी ने कहा—तो फिर कहाँ चलना पड़ेगा?...? गुरु वशिष्ठ ने कहा—हमारे नजदीक ही, जहाँ हम रहते हैं। गुरु वशिष्ठ की गुफा हिमालय पर थी। वहीं उन्होंने...
- रामचन्द्र जी ने कहा—तो फिर बताइये इसके लिए क्या किया जाए?...? उन्होंने कहा—यहाँ कैसे बताऊँ, इसके लिए तो उपयुक्त वातावरण में चलना पड़ेगा यहाँ ऐसा वातावरण कहाँ है? य...
- रामचन्द्र जी ने कहा—तो फिर बताइये इसके लिए क्या किया जाय?...? उन्होंने कहा—यहाँ कैसे बताऊँ, इसके लिए तो उपयुक्त वातावरण में चलना पड़ेगा। यहाँ ऐसा वातावरण कहाँ है?...
- रामचन्द्र जी ने मार डाला तो हम क्या कर सकते हैं?...? रावण हुआ, मार डाला। नहीं साहब वो हुआ था; शंकर जी ने गणेश जी का सिर काट डाला और हाथी का सिर उगा दिया,...
- रामचन्द्रजी अवतार थे?...? हाँ, अवतार थे। अवतार कोई अकेला आता है? कोई अवतार कभी अकेला नहीं आता। निन्यानवे आदमी साथ में आते हैं ...
- रामचन्द्रजी कभी मिलेंगे हमको—हमारी मुलाकात होगी, तो रामचन्द्रजी से कहेंगे जरूर कि आपने ऐसा क्यों किया?...? श्रीकृष्ण जब कभी मिलेंगे और हमारी बातचीत उनसे होगी, तो हम पहली शिकायत ये करेंगे कि आप तो लोगों के लि...
- रामचन्द्रजी के कैसे अधिकारी हो जाएँगे?...? ऐसा नहीं हो सकता—ये नहीं हो सकता। रामचन्द्रजी जिस काम के लिए दुनिया में आए थे, जो सिखाने के लिए आए थ...
- रामचन्द्रजी जब पालने में झूल रहे थे तो तब आपको भगवान दिखलाई पड़े?...? आपको तो तब भगवान दिखलाई पड़े जब वे रावण को मारकर आये और राम राज्य स्थापित कर दिया था। परन्तु कुछ ऐसे ...
- रामचन्द्रजी ने कहा-तो फिर कहाँ चलना पड़ेगा?...? गुरु वसिष्ठ ने कहा-हमारे नजदीक ही, जहाँ हम रहते हैं। गुरु वसिष्ठ की गुफा हिमालय पर थी। वहीं उन्होंने...
- रामचन्द्रजी ने पूछा कि इन जेवरों में से सीताजी का कौन-सा है?...? उन्होंने बिछुए को तो पहचान लिया, ये सीताजी का बिछुआ है; लेकिन गले के हार को नहीं पहचान सके, कानों के...
- रामबादशाह कैसे थे?...? लंगोटी लगाने वाले बादशाह थे। क्या लंगोटी लगाने वाले भी बादशाह होते हैं? हाँ होते हैं।...
- रामराज्य किसने स्थापित किया था?...? छप्पर फाड़ करके रामराज्य गिरा था या पोटली में बाँध करके देवता रख गए थे। गुरुजी रामराज्य कौन-सी तारीख ...
- रामराज्य की स्थापना कैसे की जाए?...? ये सारी बातें विश्वमित्र के आश्रम में जाकर सीखी थीं। ऐसी ही एक ट्रेनिंग की व्यवस्था हमने अपने शान्ति...
- रामानन्द ने, कबीर को स्वर्ण खान कहीं नहीं सौंपी थी?...? वरन् वह प्रतिभा प्रदान की थी, जिनके कारण कुलीनता और विद्वत्ता के अभाव में भी अपने समय के प्रचण्ड प...
- रामायण का पाठ?...? गीता का पाठ? नारायण मंत्र का पाठ? नहीं, कुछ नहीं बताया। उन्होंने कहा—इस समय आपत्ति घर में है। सीता ज...
- रामायण की जीवात्मा वहाँ है, जबकि हम रामचंद्र जी के उपदेश का परिपालन और रामचंद्र जी की भक्ति किस तरीके से की जा सकती है?...? इसके लिए हनुमान जैसे कदम उठाने के लिए, भरत जैसे कदम उठाने के लिए और अंगद जैसे कदम उठाने के लिए ह...
- रामायण ने हमें नास्तिकता से कैसे बचा लिया?...? रामायण में एक श्लोक है जो रामायण का सार है, भक्ति का सार है और वह है— भवानीशंकरौ वन्दे श्रद्घा विश्व...
- रामायण पर व्याख्यान देने वालों का क्या कहना?...? जहाँ कहीं भी हम जाते हैं अचम्भे से दंग रह जाते हैं। और तो और छोटी-छोटी छोकरियाँ अब ऐसे बोलने में ...
- रामायण में एक प्रसंग आता है, जब लव-कुश ने देखा कि हनुमान जी और लक्ष्मण जी अश्वमेध के घोड़े को लिए चले जा रहे हैं तो उन्होंने पूछा आप लोग कौन हैं?...? उत्तर मिला—मैं लक्ष्मण हूँ और मैं हनुमान हूँ। उन्होंने कहा—आप वही लोग हैं, जिन्होंने हमारी माँ को जं...
- रामायण में और क्या है?...? रामायण को अगर आपने गौर से नहीं पढ़ा है और आपने रामायण का केवल पाठ करना सीखा है, तो काम चलने वाला नह...
- रामायण में क्या लिखा है, गीता में क्या लिखा है, भागवत् में क्या लिखा है?...? इन सबके सार के रूप में हमारे गुरुजी ने तीन चीजें निकाल कर रखी हैं। आपने हलवाई की दुकान देखी है? हल...
- रामायण में यह कथा आप लोगों ने पढ़ी होगी, पर यह गौर क्यों नहीं किया कि तीसरी आँख क्या है?...? कामदेव जलने की बात क्या है? जिन लोगों ने साइंस पढ़ी है वे ‘थ्री डायमेंसन’ की बात समझते हैं—लम्बाई, चौ...
- रामायण में यही कहा गया है कि दुनिया में सबसे ज्यादा सुखी आदमी कौन है?...? सबसे ज्यादा सुखी आदमी वह है, जिसको डरना नहीं है—‘‘सकल करम करि थकेउ गोसाईं। भये न सुखी अभय की नाईं॥...
- रामायण सुना दीजिए?...? हम रामायण सुना देंगे। क्या थी रामायण की कथा? सुनिए—रामचंद्र जी थे और उनके तीन भाई थे। एक बाप था, जिस...
- रामायण सुना दीजिए?...? हम रामायण सुना देंगे। क्या थी रामायण की कथा? सुनिए रामचंद्र जी थे और उनके तीन भाई थे। एक बाप था, जिस...
- रामेश्वरम् ने कहा कि मैंने देखा कि मेरी मुसीबत देख करके कोई सन्त पिघलता है क्या?...? घड़े के घड़े जल भरे हुए काँवड़ लेकर लोग रामेश्वरम् के लिए चले जा रहे हैं और अपने स्वर्ग प्राप्ति एवं मु...
- राय से हमारे भाई ने पूछा, ‘‘कब तक खतरे से बाहर हो जायेंगी?...? ’’ उन्होंने कहा, ‘‘चार-पाँच दिन तक कुछ कहा नहीं जा सकता।’’ उसी दिन शाम को बड़ी बहिन ने चिट्ठी लिखकर ब...
- रावण कब पैदा हुआ था?...? रामचन्द्र जी ने मार डाला तो हम क्या कर सकते हैं? रावण हुआ, मार डाला। नहीं साहब वो हुआ था; शंकर जी ने...
- रावण कितना जबरदस्त है?...? राक्षस कितने जबरदस्त हैं? इनसे लोहा कौन लेगा? संस्कृति की सीता को वापस लाने का काम कठिन मालूम पड़ता ...
- रावण कितना जबरदस्त है?...? राक्षस कितने जबरदस्त हैं? इनसे लोहा कौन लेगा? संस्कृति की सीता को वापस लाने का काम कठिन मालूम पड़ता ह...
- रावण की इस सभ्यता और संस्कृति में देवसंस्कृति के पक्षधरों को यह विचार करना पड़ा कि इसका प्रतिरोध कैसे किया जाएगा?...? इसकी रोकथाम कैसे की जाएगी? सन्तुलन कैसे बिठाया जाएगा? भगवान ने भी यह प्रतिज्ञा कर रखी थी कि हम धर्म क...
- रावण की इस सभ्यता और संस्कृति में देवसंस्कृति के पक्षधरों को यह विचार करना पड़ा कि इसका प्रतिरोध कैसे किया जाएगा?...? इसकी रोकथाम कैसे की जाएगी? सन्तुलन कैसे बिठाया जाएगा? भगवान् ने भी यह प्रतिज्ञा कर रखी थी कि हम धर्म ...
- रावण की मनोकामना पूरी करने में कौन समर्थ हो गया?...? सिकन्दर की मनोकामना कही पूरी हुई? नेपोलियन बोनापोर्ट की कहीं पूरी हुई? हिरण्यकश्यपु ने अपनी मनोकामना...
- रावण के कितने थे?...? एक लाख पूत-सवा लाख नाती और देख हमारे तो एक लाख पूत ही हैं। इस तरह अखण्ड ज्योति के ग्राहक ही ग्राहक ह...
- रावण कैसा बलशाली था?...? क्या कहने का, चारों वेदों का ज्ञाता तेजस्वी, बलशाली, सारे के सारे गुण थे लेकिन एक ही दुर्गुण सबसे ज्...
- रावण को इतने तीर किसने मारे?...? इतने छेद किसने कर दिए? इतने सुराख इसमें कैसे हो गए? किस तरीके से इन सूराखों से खून बह रहा है। आप...
- रावण को उखाड़ करके विभीषण की स्थापना करने की भूमिका किसने निभाई?...? हनुमान ने, नल-नील, अंगद और जामवन्त ने निभाई। यदि वे इस बात का झगड़ा करते कि हमको मिनिस्टर बना दीजिय...
- रावण को उखाड़ करके विभीषण की स्थापना करने की भूमिका किसने निभाई?...? हनुमान ने, नल-नील, अंगद और जामवन्त ने निभाई। यदि वे इस बात का झगड़ा करते कि हमको मिनिस्टर बना दीजिये,...
- रावण को ही आदर्श मानेंगे?...? सोने की लंका का ही ख्वाब देखेंगे? अपने बेटे और पोते को ही, सवा लाख पूत, सवा लाख नाती तक ही सीमित रहे...
- रावण ने कहा कि पक्षी तू पागल हो गया है क्या?...? तलवार तेरे पास नहीं, बन्दूक तेरे पास नहीं, तू मेरा मुकाबला कैसे करेगा? उसने कहा कि मैं तुम्हारा मुक...
- रावण ने कहा, आपके पास ताकत कहाँ है?...? तलवार कहाँ है? गीध ने कहा, नहीं सही, पर हमारे पास जान तो है और न्याय के लिए, आदर्श के लिए, धर्म के ल...
- रावण भिखारी क्यों बना?...? रावण के दरवाजे पर तो अनेक भिखारी पड़े रहते थे। उसे क्यों बनना पड़ा और यह भी इधर- उधर देखकर के, कि ...
- रावण मारा गया, कुंभकरण मारा गया, खर-दूषण मारे गए, मेघनाद मारा गया?...? उसके खानदान वाले मारे गए? हाँ गुरुदेव! लेकिन तुझे एक बात का ध्यान नहीं है कि सारे के सारे वातावरण मे...
- रावण से मैं लड़ नहीं सकता हूँ तो क्या?...? अनीति के विरुद्ध संघर्ष तो कर ही सकता हूँ। वह अपने घोसले में से निकला और रावण से लड़ने लगा।...
- रावण से लड़े बिना कहीं काम चला?...? दुर्योधन से लड़े बिना काम चला? कंस से लड़े बिना काम चला? लड़ाई मोहब्बत की है अथवा कैसी है, हिंसा की है,...
- रावण से लड़े बिना काम चला?...? दुर्योधन से लड़े बिना काम चला? कंस से लड़े बिना कहीं काम चला? लड़ाई मोहब्बत की है, या कैसी है? हिंस...
- राष्ट्र कल्याण के लिए अपने स्वार्थों के ऊपर कितना अंकुश लगाते हैं?...? इत्यादि प्रश्नों के उत्तर पर गहराई से विचार करते समय अपने आप समझ जायेंगे कि स्वतन्त्रता के उत्तरदायि...
- राष्ट्र का भी कुछ हमारे ऊपर उत्तरदायित्व है?...? हमारी कोई जिम्मेदारी है क्या?
जिम्मेदारी निभाइए
बेटे! हमने तीन बातों का आह्वान किया और यह कहा कि म...
- राष्ट्रीय सम्पत्ति के सदुपयोग का कितना ध्यान रखते हैं?...? राष्ट्र कल्याण के लिए अपने स्वार्थों के ऊपर कितना अंकुश लगाते हैं? इत्यादि प्रश्नों के उत्तर पर गहरा...
- रास्ता खोज लिया न?...? उस पर जो मर्यादा लगी हुई थी कि झूठ नहीं बोलना चाहिए, आपने अपनी अकलमन्दी से उसे खतम कर दिया। आपकी अक...
- रास्ता पता नहीं था कि कहाँ, किधर जाएँ, कहाँ पानी पिएँ?...? हम घुप्प अँधेरे में पड़े थे। आपने दीपक जला दिया, बहुत मेहरबानी आपकी। अब आप दीपक जलाने का वरदान लीजिए...
- रास्ता भटक तो नहीं गए?...? भूल तो नहीं गए? इसीलिए जन्म मिला था क्या? जिस काम के लिए जन्म मिला था वही किया क्या? पेट के लिए जितन...
- रास्ता भटक तो नहीं गये, भूल तो नहीं गये, इसीलिये जन्म मिला था क्या?...? जिस काम के लिये जन्म मिला था, वही किया क्या? पेट के लिये जितनी जरूरत थी, उससे ज्यादा कमाते रहे, क्या...
- रास्ता सही रखेंगे, पर जप कैसे करेंगे?...? भाई साहब! ऐसी गलती मत कीजिए। जहाँ जाना चाहते हैं, उधर की ओर मुँह कीजिए, उधर की ओर ही देखिए। उसी का त...
- रास्ता सही रखेंगे, पर जप कैसे करेंगे?...? भाई साहब! ऐसी गलती मत कीजिए। जहाँ जाना चाहते हैं, उधर की ओर मुँह कीजिए उधर की ओर ही देखिए। उसी का तर...
- रास्ते में किताब नहीं पढ़ेगी तो बेचारी को कैसे याद होगा?...? और सवारी? कौन-सी सवारी करती है? रिक्शा, साइकिल की जरूरत नहीं है, मोटर की जरूरत नहीं है। गायत्री जाती...
- रास्ते में क्या हुआ?...? एक गधा रास्ते में पड़ा पैर पीट रहा था।
सन्त तुकाराम ने पूछा—गधे। तुझे क्या हो गया? गधे ने कहा—महारा...
- रिकॉगनिशन किसे कहते हैं?...? मान्यताओं को, निष्ठाओं को। निष्ठाएँ ऐसी मजबूत होती चली जाती हैं कि छुड़ाये नहीं छूटतीं। कहिये साहब! स...
- रिक्शे में चले जाइये?...? नहीं साहब! हम तो मोटर में सफर करेंगे।गुरुजी! हमने पैसा कमा लिया है। तो किसको देंगे? पड़ोस में जो बुढ़ि...
- रिटायर्ड होंगे तब?...? तब हम दूना काम करेंगे। पहले हमें कमाने की फिक्र थी, इसलिए रोटी कमानी पड़ती थी। अब तो रोटी के लिए पें...
- रिटायर्ड होंगे तब?...? तब हम दूना काम करेंगे। पहले हमें कमाने की फिक्र थी, इसलिए रोटी कमानी पड़ती थी। अब तो रोटी के लिए पेंश...
- रिटेन्शन किसे कहते हैं, समझना?...? जो कुछ भी ज्ञान प्राप्त किया है, उसे मस्तिष्क में धारण कर लेना—यह रिटेन्शन है। शायद ये लम्बा हो जाएग...
- रिश्ता मिलाने में क्या करना पड़ता है?...? बस यही मुझे कहना था आपसे। रिश्ता मिलाने में आप जो ख्याल करते हैं रिश्वत देनी पड़ती है और चापलूसी करनी...
- रिश्तेदार, खानदान वाले कैसे तंग करते हैं?...? २४ साल के इस अन्तराल में हमने उसे जाना। दुनिया अपने साथ न चलने वाले का कैसा मजाक उड़ाती है, कैसा बेवक...
- रिश्तेदार-दलाल सब आश्चर्य चकित थे यह क्या हुआ?...? मुझे उस जमीन के काफी पैसे मिले। मैंने गुरुजी की शक्तिमान कर सब स्वीकार किया।साक्षात अन्नपूर्णा का भण...
- रिश्तेदारी करने के बाद मनुष्य क्या पा सकता है?...? बेटे, मैं कुछ कह नहीं सकता। उदाहरण मैंने बीसियों बार छापे हैं। रामकृष्ण परमहंस और विवेकानन्द का किस्...
- रिश्तेदारी करने के बाद मनुष्य क्या पा सकता है?...? बेटे, मैं कुछ कह नहीं सकता। उदाहरण मैंने बीसियों बार छापे हैं। रामकृष्ण परमहंस और विवेकानन्द का किस्...
- रिश्तेदारों को क्यों मिलना चाहिए?...? जवाब दीजिए। नहीं साहब! बेटे को मिलना चाहिए। बेटे को क्यों मिलना चाहिए? जवाब दीजिए। समाज को जब आवश्यक...
- रिश्वत देकर के भगवान को अपना मित्र बना सकते हैं?...? उसका अनुग्रह प्राप्त कर सकते हैं? ऐसा मत कीजिए। साथ ही आप यह विचार मत कीजिए कि जीभ की नोक से कुछ मीठ...
- रिश्वतखोरी रुक गयी?...? मिलावट रुक गया। बताइये एक भी पाप रुक गया हो तो जबकि सारे के सारे कानून बने हुए हैं। कानून इनसान के...
- रिश्वतखोरी रुक गयी?...? मिलावट रुक गया। बताइये एक भी पाप रुक गया हो तो जबकि सारे के सारे कानून बने हुए हैं। कानून इनसान के ऊ...
- रिश्वतखोरों, जमाखोरों और भ्रष्टाचारियों को आप जानते हैं ना?...? वे कौन हैं? ये सब वे आदमी हैं जो आज की सुख-सुविधाओं को ध्यान देते हैं और यह भूल जाते हैं कि हमारा भव...
- रीछ और वानर कौन थे?...? वे देवता थे और उन्होंने यह संकल्प लिया था कि भगवान राम के काम में हम हाथ बँटाएँगे, हम हिस्सा बँटाएँग...
- रीछ क्या कर सकते हैं?...? नल-नील ने समुद्र पर पुल बना दिया था। इन्होंने ये पढ़ा कहाँ से? इंजीनियरिंग कैसे सीख ली? भीतर की कशिश ...
- रीछ बदनाम तो है ही, उसे स्नेह सहयोग कौन देगा?...? इतना ही नहीं प्रकृति ने उसके बाल बढ़ाए भी नहीं। जितने आरम्भ में थे उतने ही अन्त तक बने रहे। जबकि भेड़ ...
- रीढ़ की हड्डी जिस आदमी के न हो तो वह आदमी क्या?...? इसी तरह से हिम्मत जिस आदमी के भीतर न हो वह भी क्या आदमी?गायत्री मंत्र आदमी को हिम्मत देता है। हिम्मत...
- रुद्र किसे कहते हैं?...? भयंकर को रुद्र कहते हैं। भयंकर किसे कहते हैं? जल्लाद को। जल्लाद किसे कहते हैं? जल्लाद उसे कहते हैं...
- रुद्र कैसे होते हैं?...? जो हण्टर मारते हैं और खाल उखाड़ डालते हैं। अरे, ये भक्तवत्सल हैं कि जल्लाद हैं? आपने देखा नहीं है। श्...
- रुद्राक्ष की जपते हैं, चन्दन की लकड़ी की, तुलसी की माला से जपते हैं?...? हमने किसी की नहीं जपी है। हमने एक ही माला जपी है और वह यह कि अपनी जिन्दगी को इस कदर धोया है धोबी की ...
- रुद्राक्ष की माला असली है कि नकली है?...? ? क्या मतलब है आपका? यह मतलब है कि असली रुद्राक्ष को माला है तो शंकर जी प्रसन्न हो सकते है और अगर नक...
- रुद्राक्ष की माला से क्या भगवान को मुहब्बत हो सकती है?...? हाँ साहब! भगवान जी तो ऐसे हैं, जो रुद्राक्ष की माला देखकर के फूलकर के कुप्पा हो जाते हैं। अच्छा, ऐसी...
- रुद्राक्ष की माला से क्या भगवान जी की मुहब्बत हो सकती है?...? हाँ साहब! भगवान जी तो ऐसे हैं, जो रुद्राक्ष की माला देखकर के फूलकर के कुप्पा हो जाते हैं। अच्छा, ऐसी...
- रुपया-पैसा हमारे पास कम है, तो पैसा कौन माँग रहा है आपसे?...? और पैसा देकर के आप क्या भला करेंगे आदमी का? आप दूसरों को प्यार दीजिए न, आप दूसरों को सम्मान दीजिए न।...
- रूप क्या हो जाएगा?...? तरीका देखिये विलक्षण हो जाएगा, असाधारण हो जाएगा। किसका? राम के नाम का। क्या तरीका हो जाएगा? उसका तरी...
- रेगिस्तान क्यों वीरान पड़े हैं?...? बादलों ने वहाँ क्यों नहीं पानी बरसा दिया? बादलों की कृपा तो है, बादलों की महिमा तो है। मैं ये तो आपस...
- रेडियो किस नंबर पर लगा हुआ है?...? कहाँ से बोल रहा है? साहब! सीलोन से बोल रहा है। महाराज जी! सीलोन वाला तो बड़े गंदे गाने सुनाता है। हा...
- रेडियो किस नंबर पर लगा हुआ है?...? कहाँ से बोल रहा है? साहब! सीलोन से बोल रहा है। महाराज जी! सीलोन वाला तो बड़े गंदे गाने सुनाता है। हाँ...
- रेडियो पाँच सौ वर्ष पहले कहाँ था?...? बिजली पाँच सौ वर्ष पहले कहाँ थी? हवाई जहाज और पानी के जहाज कहाँ थे? टेलीफोन और टेलीग्राम कहाँ थे पाँ...
- रेपिटिशन क्या है?...? जैसे हम मिट्टी लेते हैं और हाथ धोते हैं। अरे साहब! यह क्या कर रहे हैं आप? बेटे! हम हाथ माँज रहे हैं,...
- रेल की चाबी फोकट में आती है?...? हट, फोकट में नहीं, साढ़े तीन रुपये में लाए हैं। बच्चा समझता था कि ये फोकट का है। तू भी तो पागल है। स...
- रेल देखी थीं?...? सड़कें देखी थीं? पैदल चला करते थे पगडण्डियों पर बेचारे। और, और गरीबी में दिन काटते थे। लेकिन हम पैसे ...
- रेलगाड़ी चलती हुई देखी है?...? ऐसी मालूम पड़ती है कोई गिलहरी रेंग रही हो और जब गाय-बैलों के समूह आते हैं, तो मालूम पड़ते हैं यात्रियो...
- रेलवे में जो गार्ड हैं, ड्राइवर हैं, उन्हें हम पाँच बजे उपासना के लिए कैसे कहें?...? उनके लिए जो समय में हो जाए, वही ठीक है। न होने से तो कुछ करना अच्छा है। एक आदमी चारपाई पर भजन कर रहा...
- रैक्य कौन है?...? एक गाड़ीवान है, जो बैलगाड़ी चलाकर अपना गुजारा करता है। हमने उसे ब्रह्मज्ञानी के रूप में पाया। गाड़ी चला...
- रैदास कहाँ तक पढ़े थे?...? कहीं तक नहीं पढ़े थे, फिर भी उन्होंने भगवान का काम किया कि नहीं? वे भगवान से जुड़े थे, इसीलिए सराहे ...
- रैदास—मीरा, गाँधी को रोटी नहीं मिली?...? किसको रोटी नहीं मिली? और जिनको खूब मिली, उन्होंने कोशिश की कि रोटी के ऊपर रोटी रखकर खाएँ, पर वे खा न...
- रो पड़ा कि अब जब यह जिन्दगी खत्म होगी, तब मुझे कहाँ जाना पड़ेगा?...? किन योनियों में जाना पड़ेगा, न जाने कहाँ-कहाँ जाना पड़ेगा? कितना कष्ट उठाना पड़ेगा। यह मैंने मौत के ...
- रो पड़ा कि अब जब यह जिन्दगी खत्म होगी, तब मुझे कहाँ जाना पड़ेगा?...? किन योनियों में जाना पड़ेगा, न जाने कहाँ- कहाँ जाना पड़ेगा? कितना कष्ट उठाना पड़ेगा, यह मैंने मौत के ...
- रो पड़ने वाला कैसा होता है?...? रो पड़ने वाला ऐसा होता है जैसे ठक्कर बापा! ठक्कर बापा गाँधी जी के मिशन में काम करते थे। वे भंगियों के...
- रोकथाम नहीं करेगा?...? नहीं महाराज जी! रोकथाम नहीं करूँगा। रोकथाम कर बेटे, रोकथाम करेगा, तो तेरे लिए काम आयेगा। तेरी आँखो...
- रोज अपने आपसे सवाल पूछना कि अपने लोभ और मोह के लिए कोई अनावश्यक शक्तियाँ तो खर्च नहीं होतीं?...? सत्संग के लिए आपकी शक्तियाँ खर्च होती हों, तो मैं आपको आशीर्वाद देता हूँ और आपको इजाजत देता हूँ कि...
- रोज कितने ऑपरेशन हो जाते हैं?...? डॉक्टर ने कहा—हमारे यहाँ तो कोई ऑपरेशन नहीं होता, कोई मरीज नहीं आता। राजा डॉक्टर पर झल्लाये और ब...
- रोज या महीने भर बाद?...? अरे महीने भर बाद, साल भर बाद नहीं—रोज। महाराज जी! शाखा की ओर से करने को कह रहे हैं या अपने घर की ओर ...
- रोज या महीने भर बाद?...? अरे महीने भर बाद, साल भर बाद नहीं --रोज। महाराज जी! शाखा की ओर से करने को कह रहे हैं या अपने घर की ओ...
- रोज संकल्प लेते हैं—बीड़ी नहीं पियेंगे, सिगरेट नहीं पियेंगे, फिर क्या बात हो गई?...? संकल्प-शक्ति का अभाव। अच्छे कामों के लिए एक इंच आपकी संकल्प-शक्ति काम नहीं देती है। श्रेष्ठ कामों के...
- रोज सवेरे उठकर भगवान् के नाम के साथ में यह विचार किया कीजिए कि हमने किन सिद्धान्तों के लिए समर्पण किया था?...? और पहला कदम जब उठाया था तो किन सिद्धान्तों के आधार पर उठाया था? उन सिद्धान्तों को रोज याद कर लिया की...
- रोजा ने पूछा-आपने मुँह क्यों काला किया?...? साधु ने कहा-लोग मुझे कलंकित करें इससे अच्छा था मैं ही अपने आपको कलंकित कर लूँ ताकि साधु-वेष तो कलंकि...
- रोजाना कितने का खर्च आएगा?...? अरे बेटे! इसमें क्या रखा है? चम्मच से पानी डाल दिया कर, ४-६ चावल के दाने डाल दिया कर, एक धूपबत्ती ज...
- रोटी के बाद हमको तो मालूम नहीं कि हमारी क्या जरूरत है?...? अच्छा आप सिनेमा वाले के पास जाइये और यह पूछकर आइए कि क्यों भाई साहब! आप बता दीजिए कि हमारी जरूरतें क...
- रोटी के लिए बेईमानी करने की क्या जरूरत है?...? ऊँचे उद्देश्यों के लिए है मनुष्य का जीवन
मित्रो! मनुष्य को यदि यह विश्वास रहा होता कि जब हम माँ क...
- रोटी खा लेते हैं, कपड़ा पहन लेते हैं, यही क्या कम है?...? ज्यादा के लिए क्या सोचना? ज्यादा की बात सोचेगा तो चपत पड़ेगी। इंसान रोटी खा सकता है, कपड़े पहन सकता ...
- रोटी खाते है कि नहीं खाते?...? आप गरीब हैं तो क्या और अमीर हैं तो क्या? आप गेहूँ की खाते होंगे, जौ की खाते होंगे, बाजरा की खाते हों...
- रोटी तो देर सबेर मिल ही जाती हैं, फिर आपके यहाँ क्यों खाएँगे?...? अच्छा जब न हो तो आप हमारे यहाँ खाइए। आपकी बड़ी कृपा हैं आपने पूछ लिया यही क्या कम हैं? आप खा लीजिए। ...
- रोटी तो देर-सबेर मिल ही जाती है, फिर आपके यहाँ क्यों खाएँगे?...? अच्छा जब न हो तो आप हमारे यहाँ खाइए। आपकी बड़ी कृपा है, आपने पूछ लिया यही क्या कम है। आप खा लीजिए। आ...
- रोटी नहीं खाती?...? नहीं, बाल खाती है। बाल नहीं खिलाया तो? ये देवी बीमार कर देगी और बच्चे को मार डालेगी। देवी है कि चुड़ै...
- रोटी भगवान ने आपको नहीं दी है?...? आप इज्जत वाले हैं, स्वाभिमानी हैं। आपसे कोई कहे खाना खा लें, हाँ साहब खाना खाकर आ रहे हैं। नहीं साहब...
- रोटी भगवान् ने आपको नहीं दी है?...? आप इज्जत वाले हैं, स्वाभिमानी हैं। आपसे कोई कहे खाना खा लें, हाँ साहब खाना खाकर आ रहे हैं। नहीं साहब...
- रोते-झींकते, देर-सवेर में जब करना ही पड़ेगा, तो आत्मग्लानि और लोकनिंदा का कलंक ओढऩे की क्या आवश्यकता?...? असामयिक आलस्य प्रमाद को छोड़ ही क्यों न दिया जाए? — अखण्ड ज्योति, अगस्त १९६९, पृष्ठ ३७. श्रद्धा है, ...
- रोना क्या है?...? भावावेश है। इसी तरह विवाह हुआ था तो बड़ी खुशी हो रही थी। बड़े उछल रहे थे कि आज विवाह हो रहा है। विवा...
- रोना क्या है?...? भावावेश है। इसी तरह विवाह हुआ था को बड़ी खुशी हो रही थी। बड़े उछल रहे थे कि आज विवाह हो रहा है। विवा...
- रोम-रोम में व्याप्त हो रही है, न मालूम पैरों में पहिए लगा देती है कि न जाने क्या कर देती है?...? जाने हृदय में क्या रख देती है कि रात-दिन मालूम नहीं पड़ता है कि रात और दिन यह कहाँ निकल गया और किधर ...
- रोयेगी, तो मैं तुझे धमकाऊँगा कि तू ऐसे क्यों रोती है?...? दूसरे की चीज के लिए रोती है। पराई चीज के लिए रोया जाता है क्या? दो महीने पहन लिए, अब जेवर दे दे,...
- रोली, जिसे हम रोज मस्तक में लगाते हैं और इन्हीं भावनाओं में बहते हुए चले जाते हैं और हमारी उपासना न जाने क्या से क्या हमें दे जाती है?...? मित्रो! जब मैं पूजा पाठ करता हूँ, तो इतना हलका फील करता हूँ कि आप जानते नहीं। भावनाओं के प्रवाह, भ...
- रोशनी किससे होती है?...? जलने से होती है। जलने का अर्थ क्या हो गया? 'तपाना' हो गया। बेटे! ये सारी की सारी चीजें इस बात को सिख...
- रोशनी कैसे पैदा करते हैं?...? जैसे प्रकाश-स्तंभ बीच समुद्र में जलते रहते हैं और जल करके निकलने वाले राहगीरों को, चलने वाली नावों क...
- रोशनी कैसे पैदा करते हैं?...? जैसे प्रकाशस्तंभ बीच समुद्र में जलते रहते हैं और जल करके निकलने वाले राहगीरों को, चलने वाली नावों को...
- लंका में जो राक्षस रहते हैं, उनको किस तरीके से समाप्त किया जाए?...? रामराज्य की स्थापना कैसे की जाए? ये सारी बातें विश्वमित्र के आश्रम में जाकर सीखी थीं। ऐसी ही एक ट्रे...
- लंगूर कैसा होता है?...? कैसे बनाया? उन्होंने लंगूर ऐसे बनाया कि उस बच्चे के शरीर पर शीरा पोत दिया। शीरा जानते हैं, किससे बनत...
- लंगूर कैसा होता है?...? कैसे बनाया? उन्होंने लंगूर ऐसे बनाया कि उस बच्चे के शरीर पर शीरा पोत दिया। शीरा जानते हैं, किससे बनत...
- लंगूर को क्या हुआ?...? उसे उठाकर ले गए और पंखा झलने लगे। लंगूर बेहोश हो गया। अब क्या करें, उसे पानी पिलाया, फिर भी होश में ...
- लंबाई बताने लगें, तो पागल हो जाओगे कैसे?...? एक सेकेण्ड में एक लाख छियासी हजार मील यानि कि तीन लाख किलोमीटर प्रकाश भागता है। अब हिसाब लगा लीजिए। ...
- लम्बे पैर कर लें, लम्बी टाँग कर लें, इधर बैठ जाएँ, उधर घूम लें तो?...? नहीं भाई साहब! आप ऐसा नहीं कर सकते हैं। जरा कसिए तो सही अपने शरीर को। कड़क तो कीजिए। जरा दबाव तो डाल...
- लम्बे वाले प्लान के लिए क्या करना पड़ेगा?...? जलता हुआ दीपक जहाँ भी जाएगा, वहाँ प्रकाश पैदा करेगा। जिसके पास व्यक्तित्व है, ऐसा व्यक्तित्व सम्पन्न ...
- लम्बे वाले प्लान के लिए क्या करना पड़ेगा?...? जलता हुआ दीपक जहाँ भी जाएगा, वहाँ प्रकाश पैदा करेगा। जिसके पास व्यक्तित्व है, ऐसा व्यक्तित्व सम्पन्न ...
- लकड़हारा है तो क्या हुआ?...? लकड़हारे से सावित्री ने कहा कि हम तो दूल्हा तलाश करने चले थे, पर अब हम आप से ब्याह करेंगे। अब हम आपक...
- लकड़ी के शस्त्र कहाँ काम देते हैं, खोटे सिक्कों से व्यापार कहाँ होता है?...? जिनसे महानता के रूप में परिणत होने वाली पात्रता के तत्व विद्यमान हैं, उन का संकलन संगठन युग-निर्माण ...
- लकवा कैसा होता है?...? शरीर में लकवा हो जाता है, तो हाथ ऐंठ जाते हैं, पैर काम करना कम कर देते हैं। क्या हो गया? लकवा हो गया...
- लकीर के फकीर बने ही रहेंगे?...? नहीं, ऐसा तो होता ही था, ऐसा ही करना चाहिए। नहीं, ऐसा नहीं करना चाहिए।
प्रगतिशील विचार रखें
हम प...
- लकीर पीटने से किसी को क्या मिला है?...? कुछ नहीं। लकीर पीटने के हिसाब से घर का कोई काम करते रहें, तो बेटे! क्या मिलने वाला है? कुछ सफलता नही...
- लक्ष्मण का क्या हुआ?...? सारे-का-सारे खानदान किस तरीके से बदलता हुआ चला गया। नसीहत दीजिए, उपदेश कीजिए, दूसरों को आप कुछ मत कह...
- लक्ष्मण जी गए रावण के पास और कहने लगे कि हम आपसे राजनीति पढ़ना चाहते हैं और जीवन के विकास करने की कला को हम आपसे सीखना चाहते हैं?...? रावण चुप हो गया, कोई जवाब नहीं दिया। लक्ष्मण जी वापस रामचंद्र जी के पास आए और कहने लगे कि रावण तो बड...
- लक्ष्मण जी ने पूछा—तो अब क्या करना चाहिए?...? उन्होंने कहा—थोड़ा सा समय बाकी है—लक्ष्मण! तुम उसके पास जाओ और यह पूछो कि हमको भौतिक जीवन में उन्नति...
- लक्ष्मण ने राम से कहा आप यह क्या कर रहे हैं?...? उस अछूत कन्या के हाथ से बेर खा रहे हैं। राम ने कहा—मैं तो भक्त की भावनाएँ खा रहा हूँ। उसकी भक्ति के ...
- लक्ष्मण ने राम से कहा—आप यह क्या कर रहे हैं?...? उस अछूत कन्या के हाथ से बेर खा रहे हैं। राम ने कहा—मैं तो भक्त की भावनाएँ खा रहा हूँ। उसकी भक्ति के ...
- लक्ष्मी जी की पूजा करते-करते कितने वर्ष हो गये?...? हमने चालीस दीवाली पूजी हैं। अच्छा, तो रुपया आया तेरे पास? नहीं महाराज जी! हम तो गरीब के गरीब ही रह...
- लक्ष्मी जी कहाँ रहती हैं?...? लक्ष्मी जी आदमी की कलाइयों में रहती हैं, भुजाओं में रहती हैं। आदमी के परिश्रम में रहती हैं, आदमी क...
- लक्ष्मी जी का मंत्र बताइये?...? क्यों बतायें लक्ष्मी जी का मंत्र? बेटे एक ही मंत्र है। नहीं साहब! मिठाई खाने का चम्मच अलग लाइये, खीर...
- लक्ष्मी जी किसकी बनी है?...? दोनों तरफ हाथी बैठे हैं और बीच में लक्ष्मी जी बैठी हैं। दोनों हाथी लक्ष्मी जी के ऊपर पानी चढ़ा रहे ह...
- लक्ष्मी जी किसकी बनी हैं?...? दोनों तरफ हाथी बैठे हैं और बीच में लक्ष्मी जी बैठी हैं। दोनों हाथी लक्ष्मी जी के ऊपर पानी चढ़ा रहे ह...
- लक्ष्मी जी ने छुआ?...? नहीं, अगर छुआ होता तो बेटा तू सोना हो जाता, पारस हो जाता। नहीं महाराज जी ! मुझे तो देवी सपने में दिख...
- लक्ष्मी जी ने तुझे छुआ?...? नहीं तो। किसी भगवान ने छुआ? गायत्री ने छुआ? नहीं, अगर छुआ होता तो बेटा तू सोना हो जाता, पारस हो जाता...
- लक्ष्मी जी से आपका यही मतलब है न?...? हाँ साहब! यही मतलब है। आपकी परिभाषा यही है कि बिना परिश्रम किये, बिना योग्यता के जो धन मिल जाता है...
- लक्ष्मी जी से क्या मतलब है?...? लक्ष्मी जी से मतलब है-जुआ। लक्ष्मी जी से मतलब है-सट्टा। लक्ष्मी जी का मतलब है-लॉटरी। लक्ष्मी जी का...
- लक्ष्मी ने अब तक तो तेरा कर्ज चुका दिया होगा?...? दक्षिणावर्ती शंख ले लो महाराज जी। जरा भी नहीं चुका, वह वैसा का वैसा ही है वरन् और ज्यादा हो गया है। ...
- लक्ष्मीनारायण जी का आप तो जप करते हैं, फिर भी उन्होंने एक पैसे का भी फायदा नहीं दिया?...? पुजारी क्यों है खाली हाथ?
मित्रो! आपको यह बात समझ में क्यों नहीं आती कि जो पुजारी मन्दिर में ...
- लक्ष्य आप किसे कहते हैं?...? इष्ट या लक्ष्य उसको कहते हैं कि हमको बनना क्या है? हमें क्या बनना चाहिए? इसके लिए हमने कई तरह के ठप्...
- लक्ष्य की प्राप्ति के लिए क्या करना चाहिए?...? और किस दिशा में कदम बढ़ाना चाहिए? देवपूजन प्रत्येक आध्यात्मिक उपासना का दूसरा वाला चरण है। हमने बहुत ...
- लक्ष्य कैसे पूरा हो सकता है?...? लक्ष्य को पूरा कौन करता है? आत्मा को भगवान की शक्तियाँ कहाँ से मिलती हैं? आत्मा क्या होती है? इस पर ...
- लक्ष्य कैसे पूरा हो सकता है?...? लक्ष्य को पूरा कौन करता है? आत्मा को भगवान की शक्तियाँ कहाँ से मिलती हैं? आत्मा क्या होती है? इस प...
- लक्ष्य को कैसे पूरा करेगी?...? यह तो अपने आप को ही सफाया कर देगी। इसलिए जीवन को परिष्कृत करना आवश्यक है। हमारे जीवन में कौन-कौन से ...
- लक्ष्य को पूरा कौन करता है?...? आत्मा को भगवान की शक्तियाँ कहाँ से मिलती हैं? आत्मा क्या होती है? इस पर विचार करना चाहिए। हमारी चेतन...
- लक्ष्य को पूरा कौन करता है?...? आत्मा को भगवान की शक्तियाँ कहाँ से मिलती हैं? आत्मा क्या होती है? इस पर विचार करना चाहिए। हमारी ...
- लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमको किस प्रकार की गतिविधियाँ अपनानी चाहिए?...? लेकिन पीछे क्या कर दिया गया कि देवता, जो इष्ट के रूप में बनाए गए थे, उनके साथ में हमने सांसारिक मनुष...
- लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमको किस प्रकार की गतिविधियाँ अपनानी चाहिए?...? लेकिन पीछे क्या कर दिया गया कि देवता, जो इष्ट के रूप में बनाए गए थे, उनके साथ में हमने सांसारिक मनुष...
- लक्ष्य क्या है?...? जो भी आपका लक्ष्य है, जो कुछ भी आपको बनना है, उसके लिए एक- एक शक्लें बना दी गयीं हैं। आपको पराक्रम...
- लक्ष्य क्या है?...? यह है कि हम अपनी स्वयं की विचारणा को, बुद्धि को और विचारशीलता को ऐसा विकसित करें कि वह जीवन के लक्ष्...
- लक्ष्य क्या है?...? लक्ष्य सिर्फ एक है। वो लक्ष्य ये है कि मनुष्य के विचार और मनुष्य के सोचने की शक्ति और मनुष्य के क्रि...
- लक्ष्य विशेष का मतलब यह है कि बन्दूक कहाँ चलाई जाएगी और कहाँ मारी जाएगी?...? इसका निशाना कहाँ लगेगा? कोई निशाना भी तो होना चाहिए। नहीं साहब! निशाने की क्या आवश्यकता, हम तो यों ह...
- लक्ष्य विशेष से क्या मतलब है?...? लक्ष्य विशेष का मतलब यह है कि बन्दूक कहाँ चलाई जाएगी और कहाँ मारी जाएगी? इसका निशाना कहाँ लगेगा? कोई ...
- लक्ष्य से क्या मतलब है?...? लक्ष्य से यह मतलब है कि आपको जाना कहाँ है और बनना क्या है? आपके सामने कोई नक्शा तो होना...
- लकड़ी की क्या कीमत है?...? दो कौड़ी की। लकड़ी को आप पैर के नीचे पलट दीजिये, तोड़-मोड़ कर फेंक दीजिये, छू लीजिये, इधर से उधर करते रह...
- लखपत बाबू ने कहा जिन्होंने ये किताबें लिखी हैं, वे हमारे गुरुजी हैं, उनको बुला दें तो?...? हाँ साहब, बुला दीजिए। तो आप अपनी दुकानें बन्द रखेंगे और आचार्य जी के साथ में रहेंगे? हाँ साहब, रहेंगे...
- लखपत बाबू ने कहा-जिन्होंने ये किताबें लिखी हैं, वे हमारे गुरुजी हैं, उनको बुला दें तो?...? हाँ साहब, बुला दीजिए। तो आप अपनी दुकानें बन्द रखेंगे और आचार्य जी के साथ में रहेंगे? हाँ साहब, रहेंगे...
- लगता है कि जो विकृतियाँ समाज में इतने दिनों से घर बनाए हुए हैं, वे कैसे दूर होंगी?...? नारी के अधिकारों को कौन स्वीकार करेगा? उसे समानता का स्तर देना किसे अच्छा लगेगा?
यह दोनों ही प्रका...
- लगता है कि हर दिशा में उमड़ने वाले विनाश के बादल कहीं महाप्रलय तो करने नहीं जा रहे हैं?...? यह भी तो हो सकता है कि उन असह्य प्रहारों से यह सुन्दर ग्रह कहीं धूल बनकर अनन्त आकाश में छितरा न जाए ...
- लगता है जो विकृतियाँ समाज में इतने दिनों से घर बनाए हुए हैं, वे कैसे दूर होंगी?...? नारी के अधिकारों को कौन स्वीकार करेगा? उसे समानता का स्तर देना किसे अच्छा लगेगा?
यह दोनों ही प्रक...
- लगता है जो विकृतियाँ समाज में इतने दिनों से घर बनाए हुए हैं, वे कैसे दूर होंगीं?...? नारी के अधिकारों को कौन स्वीकार करेगा? उसे समानता का स्तर देना किसे अच्छा लगेगा?
यह दोनों ही प्र...
- लगभग दस लाख इसमें भी लगा है और यह गायत्री नगर, जो अभी बनने वाला है, इसमें गुरुजी, कितना पड़ेगा?...? बेटे, इसमें तो बहुत ज्यादा लगेगा। दस लाख से काम चल जाएगा? नहीं; दस लाख से काम नहीं चलेगा, क्योंकि इस...
- लगभग दस लाख इसमें भी लगा है और यह गायत्री नगर, जो अभी बनने वाला है, इसमें गुरुजी, कितना पड़ेगा?...? बेटे, इसमें तो बहुत ज्यादा लगेगा। दस लाख से काम चल जाएगा? नहीं; दस लाख से काम नहीं चलेगा, क्योंकि इस...
- लगाइये, हम कब मना करते हैं?...? एक पीछे ओंकार लगाइये, एक बीच में ओंकार लगाइये। नहीं साहब! कुछ और ऐसा बताइये, जिसमें कमाल हो जाए। कमा...
- लगेगा किसके पास?...? आपका भगवान कौन है? कोई आपका रिश्तेदार है भगवान? साला है? भगवान आपका कोई नहीं है। भगवान तो आपके ल...
- लच्छेदार बात करने वालों और लम्बी-चौड़ी गप्पें हाँकनेवालों, रामायण की कहानियाँ कहने वालों और भागवत् की कहानियाँ कहने वालों और सतयुग की कहानियाँ कहने वालों की कमी है क्या?...? बरसात के मेढकों के तरीके से इसकी बाढ़ सी आ गयी है। आज सन्तों की, सत्संगियों की और बाबा जी की कथाओं क...
- लड़कियों को काहे की आवश्यकता है?...? इनको आवश्यकता है भावनाओं की और श्रद्धा की। इनको भावनात्मक दृष्टि से आप ऊँचा उठाइए। आगे बढ़ने का अवसर...
- लड़की और लड़के में अन्तर किसलिए?...? दोनों के मूल्यांकन में न्याय-तुला की डण्डी मारने की मान्यता किस लिए?नारी की पराधीनता का एक रूप यह है...
- लड़की की शादी के लिए दहेज में नकदी, जेवर, कपड़े, बरतन, फर्नीचर आदि तरह-तरह के उपहार देने तथा धूमधाम की होली जलाने के लिए हजारों की धनराशि कहाँ से जमा हो?...? इसके लिए बेइमानी से पैसा कमाने के अलावा और क्या तरीका हो सकता है? ईमानदार व्यक्ति के लिए घर की सारी ...
- लद पड़ा क्यों कर?...? इन अनबूझ पहेलियों को सुलझाते-सुलझाते, ओर छोर ढूँढ़ते-ढूँढ़ते वहाँ पहुँचना पड़ता है, जहाँ विडम्बना के उद...
- लम्बे समय तक जीवित रहने की बात तो वहाँ बन ही कैसे पड़ेगी?...? लम्बे समय तक दुर्बलता के शिकार रहने वालों को धीरे-धीरे कई प्रकार की बीमारियाँ घेरती और दबोचती रहती ह...
- लम्बे-चौड़े तिलक लगाए हैं फिर क्यों ऐसा कर रहे हैं?...? उनने कहा—यदि थोड़ी भी भक्ति इनमें रही होती तो इनका जीवन पवित्र गंगा की तरह निर्मल रहा होता। इनमें भक...
- लम्बे-चौड़े तिलक लगाए हैं, फिर क्यों ऐसा कर रहे हैं?...? उनने कहा—यदि थोड़ी भी भक्ति इनमें रही होती, तो इनका जीवन पवित्र गंगा की तरह निर्मल रहा होता। इनमें भ...
- लर्निंग किसे कहते हैं?...? लर्निंग बेटे! उसे कहते हैं, जो स्कूलों में पढ़ाई जाती है। स्कूलों की पढ़ाई की सारी-की थ्योरी (सिद्धान्...
- लहरें उठती हैं?...? हाँ! ज्वार-भाटा कैसा होता है? जैसे लहरें उठती हैं। बच्चा समझ गया। उसने अन्दाजा लगा लिया कि शायद ऐसा ...
- लाइफ नहीं है तब?...? आँखें रखी हैं। आप घर ले जाना इसमें से निकाल के। आँखें देखेंगी? आप देख लेना मिट्टी है।...
- लाइये कितने का है?...? सौ रुपये का है। अरे साहब! वहाँ मिलता है चालीस रुपये का। अरे! तो चालीस रुपये में बिकता है नगद। उधार म...
- लाइये नया जनेऊ, बदलना पड़ेगा?...? हाँ, बदलना पड़ेगा, ताकि आपको याद रहे। जनेऊ अर्थात् जीवन-लक्ष्य आपको याद बना रहे और जीवन-लक्ष्य के लिए...
- लाओ हम उनके झंडे को उखाड़ फेंके, फिर देखो क्या होगा?...? मुसलमान भी प्रतीकों को नहीं मानते हैं क्या? मक्का, मदीना में प्रतीक ही तो रखा हुआ है जिसका वे चुंबन ...
- लाओ हम उनके झण्डे को उखाड़ फेंके, फिर देखो क्या होगा?...? मुसलमान भी प्रतीकों को नहीं मानते हैं क्या? मक्का-मदीना में प्रतीक ही तो रखा हुआ है जिसका वे चुम्बन ...
- लाखों आदमी अभी भी जाते हैं और प्रायश्चित की विधि पूरी करते हैं, मुंडन-संस्कार कराते हैं, तीर्थ में नहाते हैं, वहाँ जा करके गऊदान करते हैं, ब्राह्मण भोजन कराते हैं—यह सब बातें यह बताती हैं कि तीर्थयात्रा का स्वरूप क्या होना चाहिए था?...? तीर्थयात्रा से पाप कटते हैं, अर्थात् पापों का खामियाजा पूरा होता है। कैसे? मैंने बताया न आपको कि जनस...
- लाखों की संख्या में कहूँ या करोड़ की संख्या में कह दूँ तो क्या अतिशयोक्ति है?...? जितने यज्ञ हुए हैं, उनमें ज्यादातर मैंने सुना है कि दो-दो लाख की उपस्थिति हुई है, तो ये कितने हो गए?...
- लाखों पाठक मेरा इंतजार करते रहते हैं कि पहली तारीख तक गुरुजी ने क्या कहा होगा?...? जो कुछ भी मैं सोच पाता हूँ, नयी बात जान पाता हूँ, तुरन्त निकाल देता हूँ और खाली हो जाता हूँ। व्याख्...
- लाखों मनुष्य मार डाले जाते हैं, लाखों मनुष्यों की हत्या हो जाती है, और लाखों मनुष्यों का न जाने क्या से क्या हो जाता है?...? उससे सारे समाज में विशृंखलता पैदा हो जाती हैं। लाभ नहीं होता है। इसलिए भावी युद्ध तो होगा ही लेकिन त...
- लाखों वर्ष हो गए गंगा को बहते हुए पर क्या कुछ कमी पड़ी क्या?...? नहीं, कभी कमी नहीं पड़ी।
आप, आप ये तरीके हैं। आप देवताओं का अनुग्रह प्राप्त करने के लिए कल्प साधना ...
- लाखों वर्षों में जब मनुष्य जाति के भाग्य का फैसला न हो सका तो क्या अगले सौ वर्षों में होगा?...? तब या तो दुनिया मर जाएगी या जिन्दा रहेगी या फिर पूरी तरह से हमारा सफाया हो जाएगा या फिर सौ वर्ष के बा...
- लाखों-करोड़ों मील दूर दिन-रात चक्कर काटते हुए अपनी मौत के दिन पूरे करने वाले ग्रह-नक्षत्र भला हमें क्या सुख-सुविधा प्रदान करेंगे?...? उनको छोड़कर सच्चे ग्रहों का पूजन आरम्भ करें, जिनकी थोड़ी-सी कृपा-कोर से ही हमारा सारा प्रयोजन सिद्ध हो ...
- लाखों-करोड़ों मील दूर दिन-रात चक्कर काटते हुए अपनी मौत के दिन पूरे करने वाले ग्रह-नक्षत्र भला हमें क्या सुख-सुविधा प्रदान करेंगे?...? उनको छोड़कर और सच्चे ग्रहों का पूजन आरम्भ करें जिनकी थोड़ी-सी कृपा कोर से ही हमारा सारा प्रयोजन सिद्...
- लाठी लेकर चलते थे?...? हाँ, लाठी लेकर चलते थे। सूरदास धुले हुए थे, साफ थे। गन्दे जब थे, तब थे। तब, तक भगवान उनके नजदीक आए न...
- लाठी से छूकर दूध नहीं पिया जा सकता, तो कैसे पिया जा सकता है?...? पहले आप गाय पालिए। उसे घास खिलाइए, चारा खिलाइए। तो क्या गाय को चारा भी खिलाना पड़ेगा, दाना भी खिलाना ...
- लात खाकर के भगवान तिलमिलाकर उठ बैठे और उन्होंने कहा—आप कहाँ से पधारे हो?...? उन्होंने कहा—हम ब्राह्मण हैं और हम उद्बोधन करते हैं। भगवान कहाँ सो गया? उन्होंने भगवान विष्णु के सीन...
- लादने वाले के साथ मेरा क्या सम्बन्ध है?...? मैं किस प्रकार अन्याय का शिकार बनाया जा रहा हूँ? वह अधिक बोझ लद जाने पर कष्ट का और हरी घास मिल जाने ...
- लाभ कहाँ है?...? कल्याण को देखने की दृष्टि अगर हमारी पैदा हो जाए, तो हम यह कह सकते हैं कि हमने शिव भगवान के नाम का ...
- लाभ क्या होंगे?...?
मित्रो! यह जो पुरश्चरण हो रहा है, उससे क्या फायदा होगा? पुरश्चरण से कई फायदे होंगे। एक फायदा ...
- लाभ नहीं, वरन् कल्याण हमारा कहाँ है?...? कल्याण को देखने की अगर हमारी दृष्टि पैदा हो जाए तो यह कह सकते हैं कि हमने भगवान् शिव के नाम का अर्थ ...
- लाभ से क्या मतलब है?...? लाभ से मतलब है पैसा और दूसरा मतलब है—हमारी ताकत। तीसरा है—हमारी शोहरत। पैसा एक, ताकत दो और शोहरत-सम्...
- लायकी आप किस तरीके से पहचानोगे?...? किसी आदमी को हम कैसे जान पाएँ कि अच्छा आदमी है कि नहीं, प्रामाणिक है कि नहीं। एक ही सबूत है कि उसने ...
- लार्जर फेमिली सिस्टम कैसे बनने चाहिए?...? घरों में स्वर्गीय वातावरण कैसे बनाने चाहिए? इसके लिए हम सौ क्वार्टरों की, सौ फैमिली की एक प्रयोगशाला...
- लाल झंडी में क्या ताकत होती है?...? बेटे, हम कोई बात नहीं कहते। वह एक इशारा है-लाल रंग का इशारा, हरे रंग का इशारा। &nb...
- लाल झण्डे को अगर हम फाड़कर फेंक दें और लाल झण्डे को हम उनके सामने जलाएँ तो वह कम्युनिस्ट हमसे लड़ने आयेगा और यह कहेगा कि आपने हमारा लाल झण्डा क्यों जला दिया?...? भाई, वह तुम्हारा कौन था? वह तो हमारा था, हमने उसे अपने पैसे देकर खरीदा था। हमने इसे वहाँ लगाया था। ह...
- लाल बहादुर शास्त्री का नाम सुना है?...? लाल बहादुर शास्त्री बिलकुल छोटे से आदमी थे। लेकिन पण्डित नेहरू के साथ में उन्होंने घने सम्बन्ध बना लि...
- लाल मिर्च को जला देने से क्या हो गयी?...? वह सर्वत्र सूक्ष्म रूप में फैल गयी। सामाजिक सुव्यवस्था की पद्धति है यज्ञ मित्रो! घी का हवन करने पर क...
- लाल-लाल आँखें लेकर आ जाता है और लड़ने के लिए उतारू हो जाता है और आप भी चाहें तो भगवान से लड़ने के लिए उतारू हो सकते हैं कि आप हमारी इस जिन्दगी के कौन होते हैं?...? हमारी मेहनत का फल आप क्यों नहीं देते? आप भगवान से लड़ सकते हैं। लेकिन आप ज्यों ही दीन होते हैं, गिड़...
- लालबहादुर ने पूछा कि यह कैसा फार्म है?...? यह तो एम.एल.ए. का फार्म है। अरे! इसमें तो ढाई सौ रुपये लगते हैं हमारे पास तो पैसे नहीं हैं। इसके प्र...
- लालबहादुर शास्त्री की कोई हैसियत थी?...? नहीं कोई हैसियत नहीं थी। यह क्या दिया गया था—अनुदान। नेहरू जी का अनुदान। उन्होंने हीरालाल शास्त्री, ...
- लाला मुन्नीलाल की दुकान कहाँ है?...? वो बैठी है—उधर की दुकान और वो शनिश्चर आकर के दुकान में खट् बैठ गया तराजू के नीचे और जैसे ही मुन्नीला...
- लालाजी के या पण्डित जी के?...? पण्डित जी के क्यों? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर होता है। इसलिए सुख की जो ...
- लालाजी के या पण्डित जी के?...? पण्डित जी के। क्यों?? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर होता है। इसलिए सुख की जो ...
- लालाजी के या पण्डित जी के?...? पण्डित जी के क्यों? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर होता है। इसलिए सुख की जो ...
- लाशों को ढो-ढोकर हम कहाँ डालेंगे?...? सड़े हुए बदबूदार आदमियों को हम कहाँ कन्धे पर लिए फिरेंगे? मित्रो! इनको हम बैकुंठ का रास्ता कैसे दिखा...
- लिंग से क्या मतलब है?...? नर और नारी से है। नर और नारी दोनों की समता होगी। हम जो विश्वक्रान्ति करने वाले हैं और जो विश्वमाता का...
- लिक्विड नौसादर से छींक आती होगी?...? नहीं बेटे! छींक नहीं आती। उनके कन्सन्ट्रेशन ही ऐसे होते हैं, जो नुकसान नहीं करते हैं। मित्रो! दु...
- लिखने के लिए बैठे तो उन्होंने कहा कि इतना महान कार्य करने से पूर्व हमको भगवान की प्रार्थना करनी चाहिए?...? कौन से भगवान की प्रार्थना करनी चाहिए? शंकर-पार्वती याद आ गए। उन्होंने कहा—मैं शंकर-पार्वती का ध्यान ...
- लिखी हैं तो कोई आपका स्टेनो है?...? नहीं बेटे! हमारा कोई स्टेनो नहीं है। कोई पी० ए० है आपका? नहीं, कोई पी० ए० नहीं है। आप ही लिखते हैं? ...
- लिखी हैं तो कोई आपका स्टेनो है?...? नहीं बेटे! हमारा कोई स्टेनो नहीं है। कोई पी०ए० है आपका? नहीं, कोई पी०ए० नहीं है। आप ही लिखते हैं? हम...
- लिट् किया था?...? कौन था? उसका नाम था—विश्वामित्र। विश्वामित्र उस व्यक्ति का नाम है, जिसको जब हम संकल्प बोलते हैं तो ह...
- लिफाफा कैसा होता है?...? लिफाफा ऐसा होता है बेटे कि जब बच्चा पैदा होने वाला होता है तो उसकी माँ कई चीजें बनाकर रख लेती है। यह...
- लिफाफा कैसा होता है?...? लिफाफा ऐसा होता है बेटे कि जब बच्चा पैदा होने वाला होता है तो उसकी माँ कई चीजें बनाकर रख लेती है। यह...
- लीजिए हम लाते हैं पानी, आप पियेंगे कि नहीं?...? नहीं साहब! नहीं पियेंगे! क्यों? क्योंकि आज निर्जला एकादशी है। बेटे! इससे क्या मतलब है आपका? इच्छ...
- लुकमान के मुताबिक़ हम कैसे रहते हैं?...? जीभ की ओर इशारा उनका असंयम से था, जो हमारे प्रत्येक हिस्से में समाया रहता है। केवल जीभ से ही इसका ता...
- लुटेरों को नहीं मिलता, कसाइयों को नहीं मिलता, तो हमें क्या मिलेगा?...? कर्म फल के बारे में जिस आदमी को अविश्वास है, वह नास्तिक है। जिस आदमी को यह विश्वास नहीं है कि कोई ...
- ले खा, कैसे खाएगी?...? कैसे पकड़ेगी? मित्रो ! मनुष्य की तृष्णाओं का कोई अन्त नहीं हो सकता। उनको कोई पूरा नहीं कर सकता और मैं...
- ले जाओ, लेकिन आप लेंगे किसमें?...? पात्र कहाँ है। हाथ में लेंगे। ठीक है, हाथ में ले लीजिए। क्या हुआ? उँगलियों के बीच के सूराख में स...
- ले ले, सुख कहाँ से मिलेगा?...? सुख बाहर नहीं, अन्दर है मित्रो! ये जो इच्छाएँ हैं, ये केवल हमको खुशी भर दिखाती हैं, दे नहीं सकती। अगर...
- लेंगे-ही-लेंगे, तो अगले जन्म में तू कौन बनेगा?...? अगले जन्म में रहने दे, मैं कुछ नहीं कहती कि क्या बनेगा? पर अगले जन्म में तुम गधे बनो और हम तुम्हें च...
- लेकिन जब हम जीवन को एक सुलझे हुए एवं सही दृष्टिकोण से देखना शुरू करते हैं, तो मालूम पड़ता है कि हमारे बराबर सुखी, समृद्ध और समुन्नत और कौन है?...? कहाँ है सुख? मित्रो! जब हम अपने से पिछड़े एवं गुजरे हुए लोगों की ओर आँख उठाकर देखते हैं, तो मालूम ह...
- लेकिन यह किसकी करती है?...? यह ब्राह्मण की मनोकामना पूरी करती है। मैंने यह छापा था, लेकिन जब मैं लोगों से यह कहने लगा कि इसमें...
- लेकिन अगर आप परीक्षित के तरीके से जिन्दगी नहीं जिएँगे तो मैं उस सिद्धान्त का खंडन करने के लिए-तैयार हूँ?...? जिसमें बताया गया था किं जो धुंधकारी था, वह बाँस के कोए फाड़ता-फाड़ता सात दिन की भागवत् सुनकर फट से उसम...
- लेकिन अगर आप सबको अपना मान लें तब?...? आपको कितना गौरव और प्रसन्नता का अनुभव होगा, कह नहीं सकते। तब सूरज भी आपका, चाँद भी आपका, सितारे भी आ...
- लेकिन अगर कोई इसे देगा तो मैले कमंडल में कैसे देगा?...? मैला कमंडल कैसा है? जैसा तू है—भीतर से भी मैला और बाहर से भी मैला। पहले इसे धो करके ला, ताकि तुझे को...
- लेकिन अगर कोई इसे देगा तो मैले कमंडल में कैसे देगा?...? मैला कमंडल कैसा है? जैसा तू है, भीतर से भी मैला और बाहर से भी मैला। पहले इसे धो करके ला, ताकि तुझे क...
- लेकिन अगर कोई गलत बात मानने के लिए कही जाती है तब?...? तब पिता का कहना प्रधान नहीं है। तब कहना चाहिए कि मैं गलत बात नहीं मानूँगा। गलत बात कहता है और पिता...
- लेकिन अगर पड़ोसी का बच्चा मचलता रहे और आपकी गोदी में आने की कोशिश करे, तो आप उसे धमकाकर भगा देते है, क्यों?...? बच्चे तो सब एक से होते हैं। नहीं साहब! वह हमारा है, इसलिए प्यारा है। 'हमारा होने से' जो कोई भी चीज ह...
- लेकिन अगर पेट नहीं है, पेट पचता नहीं है तो मलाई-मिठाई क्या करेगी?...? और जहर पैदा कर देगी। मेरा मतलब पात्रता से है।
आप ध्यान दीजिए, गौर कीजिए। पात्रता विकास किये बिना न ...
- लेकिन अगर बिना विश्वास के साथ भजन हो, तो उसका क्या मूल्य रह जाता है?...? महाराज जी! विश्वास क्या होता है और भजन क्या होता है? बेटे, दोनों में जमीन आसमान का फरक है। जमीन-आसमा...
- लेकिन अच्छी सेहत पानी है तो कौन दे सकता है?...? आप दे सकते हैं, आपके अलावा और कोई नहीं दे सकता। आपके अलावा कोई मरीज नहीं है और न आपके अलावा दुनिया क...
- लेकिन अच्छी सेहत पानी है तो कौन दे सकता है?...? आप दे सकते हैं, आपके अलावा और कोई नहीं दे सकता। आपके अलावा कोई मरीज नहीं है और न आपके अलावा दुनिया क...
- लेकिन अब जो मिलते हैं एकाध आदमी, अधिकाँश तो मर गये, दो- चार आदमी ही रह गये हैं जब कभी वे मिलते हैं?...? तो हम पूछते हैं कि क्यों भाई साहब! आप तो कहते थे कि करम पकड़ करके रोयेगा, दुःख पायेगा, भूखों मरेग...
- लेकिन अर्जुन की तरह?...? तो बेटे आपको उठना ही पड़ेगा, अर्जुन ने मनाकर दिया था। यह कहा था कि सब मेरे भाई-भतीजे, कुटुम्बी हैं, ...
- लेकिन आज का जायका उठा करके क्या फायदा किया?...? कल का भविष्य खराब कर लिया न। कल बिचारे का क्या होने वाला है।...
- लेकिन आज सृष्टि का स्वामी बना हुआ है, किस वजह से?...? प्राचीन काल की तुलना में आज आदमी का ज्ञान बढ़ता हुआ चला गया है। ज्ञान की दो धाराएँ हैं और दोनों को ही...
- लेकिन आज हम स्त्रियों को वेद मन्त्रों से दूर रखने की चेष्टा करते हैं यह कितनी विडम्बना है?...? हमें भगवान के नियम का उल्लंघन नहीं करना है और नारी वर्ग को समान अधिकार प्रदान कर साथ-साथ चलने को बाध...
- लेकिन आज हम स्त्रियों को वेद-मंत्रों से दूर रखने की चेष्टा करते हैं, यह कितनी विडम्बना है?...? हमें भगवान के नियम का उल्लंघन नहीं करना है और नारी वर्ग को समान अधिकार प्रदान कर साथ-साथ चलने को बाध...
- लेकिन आज हम स्त्रियों को वेद-मंत्रों से दूर रखने की चेष्टा करते हैं, यह कितनी विडम्बना है?...? हमें भगवान के नियम का उल्लंघन नहीं करना है और नारी वर्ग को समान अधिकार प्रदान कर साथ-साथ चलने को बाध...
- लेकिन आप किसी से मीठे वचन बोलें, किसी की मदद कर दे, किसी के काम आएँ, तब भला आपको कौन रोकने वाला हैं?...? इसलिए मित्रो! भक्ति न केवल भाव−सम्वेदना से ताल्लुक रखती है, वरन व्यक्ति के बहिरंग जीवन से भी उसका ताल...
- लेकिन आप बताइये कि किसी पक्षी पर, जिस बेचारे का वजन नहीं के बराबर है, उसके ऊपर आदमी कैसे बैठ पायेगा?...? बैठना मुश्किल है; क्योंकि उसकी लम्बाई-चौड़ाई इतनी नहीं है। उसकी पीठ भी छोटी-सी है। ऐसी स्थिति में इ...
- लेकिन आप माँगें तो आपको मिलेगा क्या?...? न, आपको नहीं देंगे। क्यों? द्रौपती के साथ पक्षपात, आपके साथ पक्षपात क्यों नहीं? नहीं मतलब एक ही बात ...
- लेकिन आप हिस्सेदार क्यों नहीं बन जाते हमारी दुकान में?...? अन्धे और पंगे का योग क्यों नहीं बना लेते। हमारे गुरु और हमने साझेदारी की है। शंकराचार्य ने और मान्धा...
- लेकिन आपका दृष्टिकोण क्यों गन्दा है?...? दृष्टिकोण की वजह से आपका मन वहीं जा पहुँचता है, जहाँ दुनिया में गन्दगी है। ये तो नहीं कहते कि दुनिया...
- लेकिन आपको ध्यान है क्या?...? उस पानी से कौन लाभ उठा पाता है? आप ये बताइए। हर कोई फायदा उठा लेता है? न। हर कोई फायदा नहीं उठा सकता...
- लेकिन आम्रपाली नरक को गई थी क्या?...? नहीं नरक को नहीं गयी थी। भगवान् बुद्ध की शरण में आयी तो उनके पास जो कुछ था पैसा था सब भगवान् को सु...
- लेकिन इतना पैसा कमाने के बाद भी, इतना यश पाने के बाद भी, इतने लोगों को अपना गुलाम बनाने के बाद भी वह छोकरी इतनी हैरान रही कि ऐसी जिन्दगी हम कैसे व्यतीत कर सकते हैं?...? इस तरह की जिन्दगी हम नहीं जी सकते हैं। ऐसी जिन्दगी जीना अब हमारे लिए मुश्किल है। उसने नींद की गोलि...
- लेकिन इस अकल का, इस दौलत का हम क्या करें, इस ताकत का हम क्या करें, इस औलाद का हम क्या करें?...? जिसके ऊपर समझदारी का अंकुश नहीं है। समझदारी का नियंत्रण नहीं है। समझदारी का नियंत्रण न होने से आग मे...
- लेकिन इस सबका प्रभाव क्यों नहीं पड़ता?...? क्यों एक लेखक की कलम कुत्सा भड़काने में ही निरत रहती है एवं उस साहित्य को पढ़कर तुष्टि पाने वालों की स...
- लेकिन इसके लिए भी तैयार रहिए कि आपने जिस लड़की की शादी की है, लड़का नकारा निकल गया तब?...? चोर निकल गया तब? दुष्ट निकल गया तब? तब उसके लिए भी तैयार रहिए। लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगा...
- लेकिन इसके लिए भी तैयार रहिए कि आपने जिस लड़की की शादी की है, लड़का नकारा निकल गया तब?...? चोर निकल गया तब? दुष्ट निकल गया तब? तब उसके लिए भी तैयार रहिए? लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगाह...
- लेकिन इसमें भी स्त्री जाति अगर पिछड़ी हुई नहीं होती तो समान काम के लिए, उन्हें पुरुषों से कम स्वीकृति क्यों मिलती है?...? घर के कर्ता पुरुष के मर जाने पर उसकी विधवा की और घर की दूसरी स्त्रियों की हालत कैसी होती है, इसका ख्...
- लेकिन इससे चाणक्य की महानता पर फर्क क्या आया?...? चाणक्य नालन्दा विश्वविद्यालय की अनेक फैकल्टियों का डीन और उस तरह का जिसकी शिक्षा का कोई ठिकाना नहीं।...
- लेकिन ईश्वर की खुशामद करना, और बहुत सारे आवरण लाद देना, क्या मतलब है?...? ईश्वर व्यक्ति नहीं है, ईश्वरवृत्ति है। और भावनाओं का परिपोषण करने के लिए आदमी को विश्व मानव की सेवा ...
- लेकिन उस मिलने के बाद हम करते क्या हैं?...? न जाने कहाँ उसे खर्च कर देते हैं। ऐसे में ईश्वरचन्द्र विद्यासागर हमारे सामने आकर खड़े हो जाते हैं और ...
- लेकिन उसका अन्तरंग?...? जो विभूतियों और सिद्धियों से भरा पड़ा है, जिसे हम छू भी न सके, जिसके पास पहुँचने की कभी कोशिश भी नहीं...
- लेकिन एक दिन की आमदनी न खर्च कर सके समाज के लिए, ये क्या बात?...? एक दिन तो आदमी को अपनी आजीविका का खर्च करना ही चाहिए।अगर आदमी 100 रू. रोज कमाता है, तो तीन रुपये उसक...
- लेकिन एक दिन मैंने भगवान जी से पूछा कि इंसान से आपकी भी तो कुछ आवश्यकताएँ नहीं हैं?...? उन्होंने कहा कि ‘हाँ। इन्सान से हमारी भी कुछ माँगें हैं।’ क्या माँगें हैं? उन्होंने कहा-‘जिस दिन आ...
- लेकिन एक मामले में दोनों एक हैं?...? आदमी की नीयत और मनोवृत्ति। जानवरों की मनोवृत्ति की धुरी दो हैं। पृथ्वी की धुरी दो हैं—एक उत्तरी ध्रु...
- लेकिन करना क्या चाहिए?...? कुछ नहीं करना चाहिए, एक बात करनी चाहिए। भगवान कि मर्जी पर आप चलने के लिए आमादा हो जाँय। जो कुछ आप से...
- लेकिन कल की बात?...? कल का तो पता नहीं नहीं। बुढ़ापे में क्या होगा? क्या हमें कुछ पता है? मरने के बाद क्या होगा? पता ह...
- लेकिन क्या आप समझते हैं कि धर्म और अध्यात्म के निष्ठावान लोग नहीं हैं?...? हैं, पर हम उनको तलाश नहीं कर पाते। उनको हमारी बात नहीं मालूम है। मेले में जो बच्चा खो जाता है, वह ...
- लेकिन क्या कठपुतली अपने आप नाचती है?...? नहीं कठपुतली अपने आप नहीं नाचती। बाजीगर के हाथ में उसके धागे जुड़े हुए होते हैं और बाजीगर अपनी उँगलि...
- लेकिन क्या किया जाय?...? लोगों ने पिछले दिनों हमको गलत बातें बता दीं, गलत नियम सिखा दिये कि पूजा- उपासना के खेल जैसे कर्मका...
- लेकिन क्या तेरा कलेजा इतना कठोर है कि जहाँ करुणा की आवश्यकता है, दया की आवश्यकता है, पीड़ा-पतन निवारण की आवश्यकता है और जहाँ देश और सारा का सारा मानव समाज कराह रहा है, उसके लिए तू खर्च नहीं कर सकता?...? दृष्टिकोण के परिष्कार से बनते हैं आप्तकाम मित्रो! अगर आपके जीवन में भक्ति आयेगी, तो पैसा ठहर नहीं सक...
- लेकिन क्या यह हमारी असली पहचान है?...? नहीं, हमारी यह असली पहचान नहीं है। हमारी असली पहचान वह है, जिसमें हम जादूगर नहीं है, बाजीगर नहीं ह...
- लेकिन क्या ये चलेगा?...? चल तो सकता है, पर वहाँ तक शोभा नहीं देता, जहाँ तक आदमी स्वयं में समर्थ हो। जैसे बच्चा, बच्चा क्या कर...
- लेकिन क्या ये चलेगा?...? चल तो सकता है, पर वहाँ तक शोभा नहीं देता, जहाँ तक आदमी स्वयं में समर्थ हो। जैसे बच्चा, बच्चा क्या कर...
- लेकिन क्या हो गया?...? चाइना से बौद्ध धर्म का सफाया हो गया। वहाँ अब कोई धर्म नहीं है-न हिन्दू धर्म है, न मुसलमान धर्म है,...
- लेकिन क्या हो गया?...? चाइना से बौद्ध धर्म का सफाया हो गया। वहाँ अब कोई धर्म नहीं है--न हिन्दू धर्म है, न मुसलमान धर्म है, ...
- लेकिन गंगा ने कहा कि दिवालिया हो जाने में कोई हर्ज है क्या?...? जिन्दगी एक अच्छे काम के लिए लग जाय तो कोई हर्ज है क्या? बस वो चल पड़ी, चल पड़ी फिर हिमालय ने देखा, हिम...
- लेकिन गुरु ने हमको कितना दिया है?...? गायत्री तपोभूमि बनाने के लिए हमारे गुरु ने हुक्म दिया था, तो हमने कहा—अच्छा गायत्री तपोभूमि हम बना...
- लेकिन चीन में किसके मन्दिर हैं?...? वे सब बुद्ध के मन्दिर हैं। बुद्ध की यह समर्थता बेटे, इमारतों के हिसाब से बता रहा हूँ और किसी हिसाब स...
- लेकिन जब आप धीरे-धीरे मौत के नजदीक जा रहे हैं और भगवान के दरबार में आपको पेश होने का मौका मिलने वाला है, तब आप जरा विचार तो कीजिए, आप क्या जबाव देंगे?...? आप ये मत विचार कीजिए कि भगवान जी आपसे ये पूछने वाले हैं कि आपने कितने माला का जप किया था, किन-किन ती...
- लेकिन जब आप यह कहेंगे कि हिन्दू धर्म का मूल है—‘‘कृष्णाय नमो नमः’’ तो हम यह पूछेंगे कि जब ५००० वर्ष पहले भगवान श्रीकृष्ण का जन्म नहीं हुआ था, तब आप किसकी पूजा करते थे?...? श्रीकृष्ण भगवान किसकी पूजा करते थे? श्री कृष्ण भगवान क्या यह जप करते थे। ५००० वर्ष पूर्व क्या उपासना...
- लेकिन जब उस दुकानदार के यहाँ से गये तब?...? तब हमें उससे क्या मतलब, चले जाने दो। वास्तव में सम्पत्ति कुछ नहीं है। जिसको हम अपना मान लेते है, वही...
- लेकिन जब मैंने ये विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म और अध्यात्म तक का सारा खाँचा और ढाँचा किस वजह से खड़ा किया गया है और इसका मतलब क्या है?...? इसका मतलब सिर्फ एक है और कुछ नहीं है, वह यह है कि इन सारे के सारे कलेवरों के बन्धनों में जकड़ा हुआ मन...
- लेकिन जब हनुमान जी सुग्रीव के नौकर नहीं रहे, भगवान के नौकर हो गये तब?...? समुद्र छलांगने के लिए सभी बैठे थे। जामवंत ने हनुमान से कहा- समुद्र की छलांग लगाओ। उन्होंने कहा मैं...
- लेकिन जब हम वही अखण्ड पाठ करने वालों और अखण्ड रामायण पढ़ने वालों के जीवनों को देखते हैं कि क्या उनके भीतर वह माद्दा है, जो अध्यात्मवादी के भीतर होना चाहिए?...? क्या इनके जीवन के क्रियाकलाप वह हैं, जो अध्यात्मवादी के होने चाहिए? हमको बड़ी निराशा होती है जब यह ...
- लेकिन जिनसे जो शिक्षा मिल सकती है, उसे बच्चों से मैं क्यों न कहूँ?...? अपने बच्चों से अपने दिल की बात क्यों न कहूँ? कहना चाहिए। हमने जो जीवन जिया, हमने उनके जीवन से जो सीख...
- लेकिन जिसका अपना ही पेट खाली है, वह आदमी दूसरों को क्या खिला सकता है?...? ‘‘बुभुक्षितः किम् न करोति पापम्।’’ अर्थात भूखा आदमी क्या पाप नहीं कर सकता? भूखा आदमी किसको दान दे ...
- लेकिन जिसने भगवान से डरना अंगीकार कर लिया, फिर उसको डराने वाला कौन है?...? अगर हमारे भीतर चोर नहीं है, तो फिर हमको कौन डरा सकता है? कोई नहीं डरा सकता।हम ईमानदारी से जीवनयापन...
- लेकिन जो निहित स्वार्थ रोड़े की तरह खड़े हुए हैं, उनका क्या किया जाए?...? इसके लिए और कोई तरीका नहीं है। एक ही तरीका है कि उनका संघर्ष किया जाए, उनको धमकाया जाए, उनको हटाया, ...
- लेकिन टेक्नीक तो आपको क्या आयेगी?...? टेक्नीक तो बाबाजियों को आती है। पण्डितों को आती है। आपको तो सही रूप से श्लोक बोलना भी नहीं आता। यह पं...
- लेकिन तू कैसा है?...? साहब! मैं तो बड़ा अच्छा हूँ। चुप, दुष्ट कहीं का! तू अच्छा रहा होता तो कितनों को पार कर दिया होता और ...
- लेकिन दूसरी ओर राहु के बारे में, केतु के बारे में, शनिश्चर के बारे में, मंगल के बारे में आपको डरने की जरूरत क्यों पड़ी?...? कल हमारा बैरी हमको मार डालेगा। अरे भाई! बैरी मारेगा तो हमारे पास ही तो आयेगा, तब हम देख लेंगे। जो ...
- लेकिन नेकी वाले का सम्मान होता है क्या?...? नहीं, आज धनवालों का सम्मान होता है। आज सत्तावालों का सम्मान होता है।...
- लेकिन पण्डित जी ब्राह्मण तो सब पहनते हैं, पर क्यों पहनते हैं?...? आखिर ये क्या चीज है? चुप रह! क्यों पहनते हैं? पण्डित जी-पण्डित जी, हर वक्त धर्म के बारे में पूछताछ करत...
- लेकिन पदार्थ का क्या मूल्य हो सकता है, क्या महत्त्व हो सकता है?...? पदार्थ को तो घर में चूहे भी खा जाते हैं। हाँ महाराज जी। चार रोटी का अनाज तो रोज चूहे खा जाते हैं। तो...
- लेकिन पदार्थ का क्या मूल्य हो सकता है, क्या महत्त्व हो सकता है?...? पदार्थ को तो घर में चूहे भी खा जाते है। हाँ महाराज जी! अनाज का पुण्य करने से क्या हो जाएगा? कुछ भी न...
- लेकिन पागलों की बात आप देखते हैं?...? सारी दुनिया में घुमा-फिरा के डेमोक्रेसी आ गई है। यह विचार एक दार्शनिक ने दिया था और उसने सारी दुनिया...
- लेकिन पैसे की दृष्टि से सम्पन्न होते हुए भी, सुखी होते हुए भी, बहुत सारे सुविधा-साधन हमारे पास होते हुए भी दिन-दिन जो गिरावट आ रही है उसका क्या वजह है?...? एक वजह है सिर्फ एक वजह है। वो ये है कि इंसान के विचार, आदमी के खयालात, आदमी का दृष्टिकोण, आदमी का चि...
- लेकिन फाल्स करेन्सी को कौन क्या कहे?...? छप्पन लाख इन्सान इस हिन्दुस्तान में भगवान् के नाम की धूनी रमाये हुए मारे-मारे फिरते हैं। यहाँ से वहा...
- लेकिन फिर भी हमने आपको वानप्रस्थ का बाना पहनाकर इसलिए बुलाया है कि आपको यह महसूस होना चाहिए और यह अनुभव होना चाहिए और आपको विश्वास होना चाहिए कि अगर कभी कोई आदमी अपना कल्याण करने में समर्थ हो सका है, तो उसके व्यक्तिगत जीवन का स्वरूप वह होना चाहिए, जिसका अपने आरम्भ किया है?...? शुभारम्भ किया है। जिसका आपने शुभारम्भ किया है, क्या उससे जनता में और आपमें जमीन-आसमान जैसा कोई फर्क ...
- लेकिन फिर उनको कमाने की या अपने गरीबी की, अभावों की जरूरत क्यों पड़ती है?...? केवल एक ही चीज दुनिया में है, जिससे आप किसी का भला कर सकते हैं और वो है उनके खयालातों को बदल देना। ख...
- लेकिन फिर ये असमंजस पैदा हुआ कि पत्नी की प्रसूति का समय इसी बीच आ सकता है, तो जाऊँ कि न जाऊँ?...? इससे पहले भी वह एक बार किसी कारणवश नहीं आ पाए थे। सो इस अवसर को वह चूकना नहीं चाहते थे। उनकी पत्नी श...
- लेकिन बाद में क्या हुआ?...? फिर कुछ ऐसा हुआ कि बुद्ध भगवान से बौद्ध धर्म की दीक्षा लेने के बाद में अंगुलिमाल डाकू सन्त हो गया, ऋष...
- लेकिन बाद में क्या हुआ?...? फिर कुछ ऐसा हुआ कि बुद्ध भगवान से बौद्ध धर्म की दीक्षा लेने के बाद में अंगुलिमाल डाकू सन्त हो गया, ऋष...
- लेकिन बीमारियों का क्या हो जाएगा?...? बीमारियाँ अच्छी नहीं हो सकतीं। बीमारियाँ सौ गुनी ज्यादा होंगी, हजार गुना ज्यादा होंगी। वे तब तक अच...
- लेकिन बीमारियों का क्या हो जाएगा?...? बीमारियाँ अच्छी नहीं हो सकतीं। बीमारियाँ सौ गुनी ज्यादा होंगी, हजार गुना प्यादा होंगी। वे तब तक अच्छ...
- लेकिन बड़ी भारी मुश्किल यह है कि ऐसे आदमी कहाँ से लायें?...? यह देखकर हमारी आँखों में आँसू आ जाते हैं। तो क्या ऐसे आदमियों की कमी है? नहीं, कोई कमी नहीं है। जो...
- लेकिन भगवान की तरफ आपने देखा क्या?...? भगवान बराबर भेड़ को नई ऊन देते चले जाते हैं। हर साल, हर साल उसको तीन इंच ऊन मिल जाती है और अगर मान ल...
- लेकिन भगवान की पुकार हम और आप कब सुनते हैं?...? भगवान आदर्श की, सिद्धान्तों की, नैतिकता की, मर्यादा की बातें बताकर चला जाता है, लेकिन हम और आप यह सब ...
- लेकिन भगवान् की पुकार हम और आप कब सुनते हैं?...? भगवान् आदर्श की, सिद्धान्तों की, नैतिकता की, मर्यादा की बातें बताकर चला जाता है, लेकिन हम और आप यह ...
- लेकिन भावना ये थी कि हम लोगों ने साढ़े चौहत्तर मन जनेऊ और शिखाएँ कटवा दी थीं और उसके लिए आप अंदाज लगा लीजिए साढ़े चौहत्तर मन जनेऊ जिस तराजू पर तौले गए होंगे उसके लिए कितना खून बहाया गया होगा?...? कितनी गरदनें कटाई होंगी? हमने बहुत गरदनें कटाई हैं। हमने अपना बहुत खून बहाया है, क्योंकि हम अपनी शिख...
- लेकिन भावना ये थी कि हम लोगों ने साढ़े चौहत्तर मन जनेऊ और शिखाएँ कटवा दी थीं और उसके लिए आप अंदाज लगा लीजिए साढ़े चौहत्तर मन जनेऊ जिस तराजू पर तौले गए होंगे उसके लिए कितना खून बहाया गया होगा?...? कितनी गरदनें कटाई होंगी? हमने बहुत गरदनें कटाई हैं। हमने अपना बहुत खून बहाया है, क्योंकि हम अपनी शिख...
- लेकिन मुझे तुम्हारे बराबर कोई दरिद्र व्यक्ति नहीं मिला, क्योंकि जो इतने बड़े राज्य का अधिपति होकर भी दूसरे राज्य पर चढ़ाई करने जा रहा हो और इसके लिए युद्ध में अपार संहार करने को उद्यत हो रहा हो, उससे ज्यादा दरिद्र कौन होगा?...? ’
राजा का क्रोध शान्त हुआ और अपनी भूल पर पश्चात्ताप करते हुए उसने वापिस अपने देश को प्रस्थान किया।
...
- लेकिन यह कैसे कहते हैं कि वह ब्राह्मण की है?...? ब्राह्मण की इसलिए कहते हैं कि शक्ति को धारण करना, शक्ति को ग्रहण करना, शक्ति से ओत-प्रोत होना हर आदम...
- लेकिन यह क्या?...? सब उल्टा हो गया।
गायत्री ही कामधेनु है
मैं जो कुछ कहना चाहता था, ठीक उसका उल्टा हो गया। फि...
- लेकिन ये महापुरुष कैसे हो गये?...? ये थी उनकी भावनाएँ और उद्देश्य। भावनाएँ छोटे से छोटे आदमी को उछालती हुई जाने कहाँ से कहाँ ले पहु...
- लेकिन वह तो आपत्तिकाल था न?...? अगर वहाँ लड़ाई नहीं लड़ी गयी होती तब? तब कर्ण, दुर्योधन, दुःशासन और शिशुपाल मिल करके जाने कैसा हाहाकार...
- लेकिन सबसे ज्यादा हमारा जो गुरु है, आप मालवीय जी को मानते हैं?...? मानते हैं। जब कभी हमारा काशी जाना हुआ, उनके चरण स्पर्श करते रहे। जब कभी भी उनका आना हुआ, वो इधर हमसे...
- लेकिन समझदारी की परख एक है कि उसने खर्च कैसे किया?...? खर्च करना बहुत समझदारी का काम है। आप फिजूलखर्ची करेंगे, अपने चरित्र को गवाँ बैठेंगे। फिजूलखर्ची करें...
- लेकिन साथ-साथ में आप इसके लिए भी तैयार रहिए कि ठीक इसके उलटा हो जाए तब क्या होगा?...? तब हम उसके लिए भी तैयार हैं। आप अपनी लड़की की शादी अच्छे से अच्छे घर में कीजिए। अच्छा घर भी ढूँढ़िए और...
- लेकिन साथ-साथ में आप इसके लिए भी तैयार रहिए कि ठीक इसके उलटा हो जाए, तब क्या होगा?...? तब हम उसके लिए भी तैयार हैं। आप अपनी लड़की की शादी अच्छे-से-अच्छे घर में कीजिए। अच्छा घर भी ढूँढ़िए ...
- लेकिन सिनेमा तो तुझे दीख जाएगा न?...? हाँ साहब! दीख तो जाएगा, पर मैं सवा दो रुपये में नहीं बैठूँगा। बारह रुपये में ही बैठूँगा।
मित...
- लेकिन सुगन्ध न निकली तब?...? गालियाँ दीं तब? चन्दन कहता है कि ऐसा होना बड़ा कठिन है। मैं कैसे गालियाँ दूँगा। गालियाँ मेरे पेट म...
- लेकिन हम आपकी बात क्यों माने?...? स्त्रियों की बात भी ऐसी रहती है और बच्चों की बात ऐसी रहती है, सारा का सारा इतिहास इस तरह से भरा हुआ ...
- लेकिन हम क्या कर सकते हैं?...? मित्रो! हमारे पास धन नहीं है और हम कोई काम शुरू नहीं कर सकते। ऐसा उद्योग चालू करने के लायक हमारे पास...
- लेकिन हम क्या कर सकते हैं?...? हम तो हर बार पकड़ लेते हैं पूँछ। क्या पकड़ लेते हैं? हमको तो इसी में मजा आता है। काहे में मजा आता है? ...
- लेकिन हमारे मंत्र न जाने क्यों चमत्कार नहीं दिखा रहे हैं?...? इसलिए नहीं दिखा रहे हैं क्योंकि एक हिस्सा हमारा बाकी रह गया है। जमीन को हमने सँभाला नहीं और बीज बो द...
- लेकिन, आप भीतर कैसे आ गईं?...? बाहर जाइये, पाण्डेजी की तबियत अचानक खराब हो गई थी, अब ठीक है। कृपया आप बाहर जाइये, हमें अपना काम करन...
- लेक्चरर की क्या कीमत रह सकती है?...? अनुशासन जरूरी
बेटे! हम यहाँ जो प्रशिक्षण करते हैं। जो क्रिया कृत्य कराना चाहते हैं, उसमें अन...
- लेक्चरर की क्या कीमत रह सकती है?...? अनुगमन जरूरी बेटे! हम यहाँ जो प्रशिक्षण करते हैं। जो क्रियाकृत्य कराना चाहते हैं, उसमें अनुशासन जरूर...
- लेख कौन लिखता है?...? कलेवर लिखता है। अँगुलियों से जब हम कलम को पकड़ लेते हैं और हम बैठते हैं तो लेख लिखते चले जाते हैं। तभ...
- लेटकर पानी पी लें?...? हाँ, बीमार हो, तो लेटकर पानी पी लो। खड़े हुए पानी पी लें? हाँ, खड़े हुए पानी पी लो। नहीं, महाराज जी। म...
- लेना-देना क्यों नहीं?...? यह अन्तर्राष्ट्रीय कम्युनिस्ट पार्टी का झण्डा है, आपने इसे जला दिया और खाक कर दिया। कम्युनिस्ट हमसे ...
- लेने का सुख तो आपने पाया है, लेकिन देने का भी सुख कभी आपने पाया है क्या?...? किसी को कुछ दिया भी है कभी? प्रेम दिया है किसी को? सहायता दी है? श्रद्धा दी है? समाज को कुछ दिया ह...
- लेने की इच्छा न रखने वालों को भी उस ऐश्वर्य में से यथोचित लाभ मिलता हो पर आज की स्थिति का उस समय से क्या मुकाबला और आज उस तरह के अनुकरण का क्या सवाल?...? कमरतोड़ महँगाई और जीवनयापन और शिक्षा, चिकित्सा आदि के भारी खर्च वाले इस जमाने में जबकि समय काटना मुश्...
- लेने के लिए जरूरी है कि शक्ति धारण करने के लिए गुंजाइश हो, धारण करने के लिए गुंजाइश न हो तब कैसे हो सकता है?...? प्राण-प्रत्यावर्तन शिविरों में सबको तो बुलाया नहीं जाएगा।...
- लेमन-चूस माँगने के लिए क्यों न आए हों?...? चुसकी माँगने के लिए क्यों न आए हों? यद्यपि ये सब चीजें बेकार और वाहियात हैं, जिनको आप माँगने आए हैं।...
- लेमनचूस मिलता है और क्या मिलता है?...? टॉफी मिलती है और क्या मिलता है, झुनझुना मिलता है। नहीं साहब! बड़ी चीज बताइए। बेटे! बड़ी चीजें नहीं म...
- लेमनचूस मिलता है और क्या मिलता है?...? टॉफी मिलती है और क्या मिलता है, झुनझुना मिलता है। नहीं साहब! बड़ी चीज बताइए। बेटे! बड़ी चीजें नहीं म...
- लैला बीमार है तो हम कैसे जियेंगे?...? उसने कहा कि अगर लैला को जिन्दा रखना चाहते हो, तो बैठ जाओ। हाँ, जिन्दा रखना चाहते हैं, तो एक तरीका है,...
- लॉटरी क्या है?...? यही कि हमको अपनी जेब में से एक रुपया खर्च करना चाहिए और तीन लाख प्राप्त करना चाहिए। कितने ही लोग ह...
- लॉटरी में रुपया निकल आने को?...? तीन बेटियों के बाद दो बेटा हो जाने को? आपकी दृष्टि में इसके अतिरिक्त और कोई सौभाग्य होता है क्या? नह...
- लोक सेवा इन दिनों क्या होनी चाहिए?...? —लोकसेवा इन दिनों क्या होनी चाहिए, इसकी जानकारी दूरदर्शी विवेकवानों को समय-समय पर कराई जाती रही है औ...
- लोक-कल्याण का काम करोगे क्या?...? नहीं। अपनी संकीर्णता को त्यागोगे क्या? नहीं, अपनी संकीर्णता को तो हम नहीं त्यागेंगे गुरुजी। तो बेटा!...
- लोक-शिक्षण कैसे हो सकता है?...? चरित्र से। वाणी हो, चाहे न हो, आप गूंगे हों, तो कोई हर्ज की बात नहीं। पांडिचेरी के अरविंद घोष गूंगे ...
- लोक-शिक्षण कैसे हो सकता है?...? चरित्र से। वाणी हो, चाहे न हो, आप गूँगे हों, तो कोई हर्ज की बात नहीं। पाण्डिचेरी के अरविन्द घोष गूँग...
- लोक-सम्मान आप नहीं पा सकेंगे, क्यों?...? क्योंकि आपकी सारी शक्ति - सारा प्यार इन थोड़े से आदमियों में ही केन्द्रित हो गया है, अपनी औरत को ही ...
- लोकमंगल के लिए, दूसरों को रास्ता बताने के लिए, दूसरों को राहत देने के लिए, दूसरों को प्यार देने के लिए, दूसरों को ऊँचा उठाने के लिए, दूसरों को सलाह मशविरा देने के लिए, दूसरों के जले हुए घावों पर मरहम पट्टी लगाने के लिए आप ऐसा नहीं कर सकते हैं क्या?...? आपको करना चाहिए।
मित्रो! अगर आप अपनी दो महत्त्वाकांक्षाएँ बदल दें, तो मजा आ जाए। एक तो आप अपन...
- लोकमंगल के लिए, समाज हित के लिए हमने क्या किया?...? छोटे दीपक के तरीके से आप जलिए। दूसरों के लिए प्रकाश पैदा कीजिए। नहीं साहब! हम तो बहुत छोटे आदमी हैं।...
- लोकरुचि नहीं जगाई जा सकती तो साहित्य की क्या कीमत, लाइब्रेरी की क्या कीमत?...? कुछ कीमत नहीं है। वह कूड़े के बराबर है। पुस्तकें छापकर रखते चले जाइए, या कोई आदमी खरीद लाए और एक लाइ...
- लोकरुचि नहीं जगाई जा सकती तो साहित्य की क्या कीमत, लाइब्रेरी की क्या कीमत?...? पुस्तकें छापकर रखते चले जाइए या कोई आदमी खरीद लाए और एक लाइब्रेरी खोल दे तो उसे दीमक खाएगी, चूहे खा ...
- लोकरुचि नहीं जगाई जा सकती, तो साहित्य की क्या कीमत, लाइब्रेरी की क्या कीमत?...? कुछ कीमत नहीं है। वह कूड़े के बराबर है। पुस्तकें छापकर रखते चले जाइए या कोई आदमी खरीद लाए और एक लाइब्...
- लोकसेवियों के बिना सत्प्रवृत्ति का विकास कैसे हो सकता है?...? इसलिए पहले हर गाँव में कितने ही लोकसेवी रहते थे और एक-दूसरे के गाँव में परिभ्रमण करते रहते थे। परि...
- लोकसेवियों के बिना सत्प्रवृत्ति का विकास कैसे हो सकता है?...? इसलिए पहले हर गाँव में कितने ही लोकसेवी रहते थे और एक−दूसरे के गाँव में परिभ्रमण करते रहते थे। परिभ्...
- लोकसेवियों के बिना सत्प्रवृत्तियों का विकास कैसे हो सकता है?...? इसलिए पहले हर गाँव में कितने ही लोकसेवी रहते थे और एक-दूसरे के गाँव में परिभ्रमण करते रहते थे। परिभ्...
- लोकसेवी काम करे और खाने का प्रबन्ध न हो सके, तो काम कैसे चलेगा?...? इसी तरह यदि खाने का प्रबन्ध और गुजारे की व्यवस्था किसी को वेतन के रूप में लोग दें, तो लेने वाले का ...
- लोकसेवी काम करे और खाने का प्रबन्ध न हो सके, तो काम कैसे चलेगा?...? इसी तरह यदि खाने का प्रबन्ध और गुजारे की व्यवस्था किसी को वेतन के रूप में लोग दें, तो लेने वाले का भी...
- लोकसेवी काम करे और खाने का प्रबन्ध न हो सके, तो काम कैसे चलेगा?...? इसी तरह यदि खाने का प्रबन्ध और गुजारे की व्यवस्था किसी को वेतन के रूप में लोग दें, तो लेने वाले का भी...
- लोकसेवी की दिनचर्या किस तरह की होनी चाहिए?...? अगर हम आपको बाहर न भेजें, तो यहाँ कैसे सिखा सकते हैं? यहाँ लोकसेवी थोड़े ही रहते हैं ! यहाँ तो हमीं ...
- लोकसेवी की दिनचर्या किस तरह की होनी चाहिए?...? अगर हम आपको बाहर न भेजें, तो यहाँ कैसे सिखा सकते हैं? यहाँ लोकसेवी थोड़े ही रहते हैं। यहाँ तो हमीं लो...
- लोकसेवी को किस तरीके से अपना आहार-विहार बनाना चाहिए?...? लोकसेवी को किस तरीके से अपनी मर्यादा का पालन करना चाहिए? लोकसेवी की दिनचर्या किस तरह की होनी चाहिए? ...
- लोकसेवी को किस तरीके से अपना आहार-विहार बनाना चाहिए?...? लोकसेवी को किस तरीके से अपनी मर्यादा का पालन करना चाहिए? लोकसेवी की दिनचर्या किस तरह की होनी चाहिए? ...
- लोकसेवी को किस तरीके से अपनी मर्यादा का पालन करना चाहिए?...? लोकसेवी की दिनचर्या किस तरह की होनी चाहिए? अगर हम आपको बाहर न भेजें, तो यहाँ कैसे सिखा सकते हैं? यहा...
- लोकसेवी को किस तरीके से अपनी मर्यादा का पालन करना चाहिए?...? लोकसेवी की दिनचर्या किस तरह की होनी चाहिए? अगर हम आपको बाहर न भेजें, तो यहाँ कैसे सिखा सकते हैं? यहा...
- लोकसेवी को किस तरीके से बोलना चाहिए?...? लोकसेवी को किस तरीके से अपना आहार-विहार बनाना चाहिए? लोकसेवी को किस तरीके से अपनी मर्यादा का पालन कर...
- लोकसेवी को किस तरीके से बोलना चाहिए?...? लोकसेवी को किस तरीके से अपना आहार-विहार बनाना चाहिए? लोकसेवी को किस तरीके से अपनी मर्यादा का पालन कर...
- लोकसेवी को कैसा होना चाहिए?...?
इसलिए क्या करना पड़ेगा? यही व्यावहारिक शिक्षण करने के लिए आपको पंद्रह दिनों के लिए हम भेज रहे...
- लोग आते हैं और दूध ले जाते हैं; क्योंकि यहाँ ईमानदारी का विज्ञापन हो रहा है-न?...? ईमानदारी का विज्ञापन करके अपने आपको ईमानदार साबित करते हैं और लोग ले जाते हैं और आप मालदार बन जाते...
- लोग आपका हुकुम मानते हैं और आपका बेटा?...? बेटे, जरा पानी ले आना। अरे आप से पानी भी नहीं लिया जाता। हम तो स्कूल जा रहे हैं और आप पानी पी लेना। ...
- लोग इसे कहाँ से ग्रहण करते हैं?...? इस बात को आप जितनी जल्दी समझ जायँ, उतना ही अच्छा है। लोग केवल आदमी के चरित्र को देखते हैं। लोग केव...
- लोग उनके नाम पर भी धंधा करने लग जायँ तो क्या कहा जा सकता है?...? तुम लोग मेरी भी मिट्टी पलीद क्यों कर रहे हो? मेरी जिन्दगी में ही मुझे क्यों बदनाम कर रहे हो? मेरे ज...
- लोग कहते हैं कि दीपयज्ञ से क्या फायदा?...? उससे क्या मिलेगा? क्योंकि हमारी मान्यता तो वैसी ही बनी है। अरे बेटा! तू उस मान्यता को छोड़, भावना और...
- लोग कहते हैं जहाँ आप गये थे, कहाँ गये थे?...? क्या करते रहे थे? हिमालय पर तो बहुत-से लोग रहते हैं। हरिद्वार से हिमालय शुरू हो जाता है, कैलाश तक चल...
- लोग कहते हैं—हमारी लड़की को नौकरी नहीं करनी है, घर-गृहस्थी चलानी है, फिर उसे पढ़ाने से क्या लाभ?...? छोटी उम्र में ही लड़कों को काम-धन्धे में लगा दिया जाता है, लड़कियाँ माता के घरेलू कामों में हाथ बँटा...
- लोग कहेंगे कि तेरा गुरु भी चालाक होगा, चल बता, कहाँ है तेरा गुरु?...? उसको भी गिरफ्तार करके लायेंगे। जिस तरह से हम हैं, उसके कारण भगवान् भी गिरफ्तार कर लिया जायेगा। जैस...
- लोग किस रास्ते पर चल रहे हैं, उनके चलने के ढंग को आपको अलग खड़े हो करके देखना चाहिए कि मुनासिब रास्ता क्या है?...? लोग गलती करें तो आप क्या कर सकते हैं? लोग तो गलतियाँ करेंगे ही क्योंकि यह गलतियों का जमाना है। आप प...
- लोग कैसे बने?...? कैसे बदलें? इस प्रयोग को सर्वप्रथम अपने ऊपर ही किया जाना चाहिए और बताया जाना चाहिए कि कार्य उतना कठि...
- लोग क्या कहते हैं?...? लोगों की बातें हमने सुनना बन्द कर दिया। लोगों की बातें हम नहीं सुन सकते। लोगों के साथ में हम भलमनसाह...
- लोग क्या कहेंगे?...? लोगों की आप सेवा कीजिए, लोगों की आप सहायता कीजिए, मदद कीजिए और दुनिया में उस तरीके से रहिए, जैसे कैद...
- लोग क्यों आने चाहिए?...? और क्यों पैसा खराब करना चाहिए? इनको किस काम के लिए पैसा खराब करना चाहिए? छह तारीख को आप नहाएँगे, त...
- लोग गलती करें तो आप क्या कर सकते हैं?...? लोग तो गलतियाँ करेंगे ही क्योंकि यह गलतियों का जमाना है। आप पानी के बहाव में तिनके की तरीके से बहते...
- लोग गलती करें तो आप क्या कर सकते हैं?...? (लोग) तो गलतियों का ही जमाना है। आप पानी के बहाव में तिनके के तरीके से बहते चले जाएँ, भला ये भी कोई ...
- लोग गुरुजी के बारे में बताएँगे, तो बातें केवल कहानियाँ हैं, किंवदंतियाँ हैं क्या?...? मैं चाहता था कि मैं चला जाता तो मेरे पीछे ऐसे आदमी बाकी रहे होते, जो यह कहते कि नहीं साहब! ये किंवदं...
- लोग तो ऐसे बेअकल हैं कि लोगों को तो आज का फायदा दिखाई पड़ता है, (कल का फायदा) कल का नुकसान कहाँ दिखाई पड़ता है?...? जितनी भी सामाजिक कुरीतियाँ हैं, उसमें क्या बात है जरा बताइए? आज का फायदा, कल का नुकसान। आप भी यही कर...
- लोग बड़े आश्चर्यचकित हुए कि कहीं राजा के भी बच्चे होते हैं?...? उन्होंने एक थाली में रखी चादर हटाई और लोगों को दिखाया कि यही हमारा बच्चा है, जिसका नाम आदरणीय मालवीय...
- लोग मलीनता के आदी न होंगे तो क्या होगा?...? आज हमारा ग्रामीण जीवन ऐसा ही है, अस्त-व्यस्त है, गन्दगी उसके रोम-रोम में समा गई है। चूहे भी वहीं रहते...
- लोग मुझसे यह पूछते रहे कि बताइये आप क्या करते हैं?...? मैंने पन्द्रह वर्ष की उम्र से नियमित उपासना प्रारम्भ की और चालीस वर्ष तक वह चली। चौबीस साल तक मैंने ...
- लोग यह भूल गए थे कि अध्यात्म क्या हो सकता है और भगवान की सिद्धियाँ कैसे हो सकती हैं?...? हमने अपनी जिन्दगी में लोगों को समझाया भी है, सिखाया भी है, पुस्तकें भी लिखी हैं, लेकिन सबसे बड़ी पुस्...
- लोग हमको चलता-फिरता इन्साइक्लोपीडिया कहते हैं और आप पैसे का हिसाब देखेंगे?...? एक आश्रम पहले से बना चुके हैं और एक आश्रम यह बना रहे हैं। एक आश्रम और बनाएँगे। आपके पास अपना मकान है...
- लोग हमसे क्या कहेंगे?...? और किस बात के लिए हमसे समय माँगते हैं। कोई न भगवान के लिए माँगता है, न देश के लिए माँगता है, न ध...
- लोग हमसे बार-बार यही पूछते हैं कि आप राजनीति में क्यों नहीं जाते?...? मित्रो! हम राजनीति से अलग नहीं है, किन्तु हमारी राजनीति वह राजनीति नहीं है जो सत्ता हथियाने वाली होत...
- लोग हमसे यह उम्मीद करते हैं कि हम दुनिया की आर्थिक समस्या को कैसे सुधार पायेंगे?...? लोगों को मालदार कैसे बना पायेंगे? और लोगों की आर्थिक व्यवस्था कैसे बना पायेंगे। मित्रो! हम आर्थिक ...
- लोगों का यह ख्याल है कि सवा रुपये का प्रसाद बाँटने से आपका गुजारा हो जाता है और आप प्रसाद खा करके प्रसन्न हो जाते हैं?...? ’ भगवान जी ने कहा-‘लोगों से आप कह देना कि यह सब बेकार है। प्रसाद बाँटने से या न बाँटने से हमें कोई...
- लोगों की आँखों में चकाचौंध करने की बात क्यों करते हैं?...? आप शरीर तक अपनी सुविधाओं को क्यों खत्म करते हैं? आप आगे क्यों नहीं बढ़ते? आप जब ढूँढ़ेंगे, तो आपको कुछ...
- लोगों की आत्माएँ किस कदर प्यार के बिना तड़पती रहती हैं?...? आप दूसरों को सम्मान दीजिए न। देखिए, सम्मान की कितनी प्यासी है दुनिया। आप लोगों को प्रोत्साहन दीजिए न...
- लोगों की कमी कहाँ है?...? गाँधी जी ने एक नारा लगाया था और लोगों को बुलाया था। इसी हिन्दुस्तान में से लाखों आदमी—जिसमें कि हम...
- लोगों की मरजी पर चलेंगे, कितनी तरह की मरजियाँ हैं?...? औरत आपसे कुछ चाहती है, बेटे आपसे कुछ और चाहते हैं, कोई क्या चाहता है, कोई क्या? ये जो चाहना हैं, उनम...
- लोगों की विचारधारा किस ओर बह रही है?...? वर्तमान परिस्थितियों में हमें क्या और कैसे करना चाहिए? इसका ज्ञान प्राप्त किए बिना अपनी दिशा, कार्य-...
- लोगों की शक्ति निकल सकती है?...? हाँ, आप में से निकाल लूँ आपकी शक्ति, आप कहें तो। आप निकाल सकते हैं? कैसे निकाली ब्रह्माजी ने? निकालन...
- लोगों की सम्वेदनाएँ, भावनाएँ उभर आएँ और वह केवल रोने लगे, नाचने लगे, उचकने लगे, मस्तक झुकाने लगे, हाथ जोड़ने लगे, प्रार्थना करने लगे, आँसू बहाने लगे, बस हो गई भक्ति?...? नहीं, यह भक्ति नहीं है। यह तो एक तरीके से भावोन्माद है, भाव-सम्वेदना है, जो कइयों को, देरी आदमियों को...
- लोगों के ऊपर अपने चरित्र की छाप कैसे डालनी चाहिए?...? लोकसेवी को किस तरीके से बोलना चाहिए? लोकसेवी को किस तरीके से अपना आहार-विहार बनाना चाहिए? लोकसेवी को...
- लोगों के ऊपर अपने चरित्र की छाप कैसे डालनी चाहिए?...? लोकसेवी को किस तरीके से बोलना चाहिए? लोकसेवी को किस तरीके से अपना आहार-विहार बनाना चाहिए? लोकसेवी को...
- लोगों के रास्ते पर चलने के बनिस्बत आपको अलग खड़े होकर देखना चाहिए कि मुनासिब रास्ता क्या है, मुनासिब तरीके क्या हैं, मुनासिब क्या है, लोग गलती करें तो आप क्या कर सकते हैं?...? आज तो गलतियों का ही जमाना है। आप पानी के बहाव में तिनके के तरीके से बहते हुए चले जायें। भला ये भी को...
- लोगों के रास्ते पे चलने के बनस्पत, आपको अलग खड़े हो कर के देखना चाहिए कि मुनासिब रास्ता क्या है?...? मुनासिब तरीके क्या हैं? मुनासिब क्या है? लोग गलती करें तो आप क्या कर सकते हैं? (लोग) तो गलतियों का ह...
- लोगों के समक्ष वे अपने सम्बन्ध में बिना सिर-पैर की शेखी भले ही बघारते रहें?...?...
- लोगों के सामने कैसे विचार व्यक्त करना चाहिए?...? लोगों के ऊपर अपने चरित्र की छाप कैसे डालनी चाहिए? लोकसेवी को किस तरीके से बोलना चाहिए? लोकसेवी को कि...
- लोगों के सामने मैं गरीबी का इजहार किया करता था और यह कहा करता था कि मैंने चारों वेदों के भाष्य नौ फुट लम्बी और नौ फुट चौड़ी और नौ फुट ऊँची कोठरी में बैठकर किए हैं और मैंने इतना सारा कार्य इतनी छोटी जगह पर बैठकर किया है, इतनी गरीबी में रहकर के किया है, बेटे क्या बताएँ?...? लेकिन गाँधी जी की कोठरी को जब मैंने देखा जिसमें उन्होंने पढ़ा था, तो मेरा मस्तक नीचा हो गया। उसमें छः...
- लोगों के स्वास्थ्य-सम्वर्द्धन के लिए भी पैसे की जरूरत है?...? हाँ, बहुत पैसे की जरूरत है। खासतौर से मनुष्यों के विचारों को ढालने और बदलने का काम हँसी-खेल नहीं है।...
- लोगों के स्वास्थ्य-सम्वर्द्धन के लिए भी पैसे की जरूरत है?...? हाँ, बहुत पैसे की जरूरत है। खासतौर से मनुष्यों के विचारों को ढालने और बदलने का काम हँसी-खेल नहीं है।...
- लोगों को क्या दे रहें हैं?...? हमारे पास जमा भी है कि नहीं? जमा था नहीं, देते हुए चले गये। फिर कहाँ से चुकता होगा? उनको नीलाम ह...
- लोगों को क्यों प्रसन्न रखते हैं?...? लोगों की आँखों में चकाचौंध करने की बात क्यों करते हैं? आप शरीर तक अपनी सुविधाओं को क्यों खत्म करते ह...
- लोगों को मालदार कैसे बना पायेंगे?...? और लोगों की आर्थिक व्यवस्था कैसे बना पायेंगे। मित्रो! हम आर्थिक व्यवस्था की बात तो नहीं करते, परन्...
- लोगों को मालूम भी नहीं कि साधु-सन्त कैसे होते थे?...? आज तो जहाँ देखो वहीं लाल-पीले कपड़े पहनने वाले, चिमटा बजाने वाले और बाबाजी कहलाने वाले-संन्यासी कहलान...
- लोगों को मालूम भी नहीं कि साधु-सन्त कैसे होते थे?...? आज तो जहाँ देखो वही लाल-पीले कपड़े पहनने वाले, चिमटा बजाने वाले और बाबाजी कहलाने वाले—संन्यासी कहलाने...
- लोगों को विश्वास नहीं होता कि क्या कोई आदमी इस जमाने में वेदों का भाष्य कर सकता है?...? हम आपको यकीन दिलाते हैं। देखिये, क्या कोई अठारह पुराणों का भाष्य कर सकता है? नहीं, कोई नहीं कर सकत...
- लोगों को हम किस तरीके से तैयार करेंगे?...? वह बात आप किस तरीके से कहेंगे? वह बात कहाँ से आरम्भ होनी चाहिए? जिस जनता को आप शिक्षण करने चले हैं,...
- लोगों ने अपनी गलतियाँ की, अपना रास्ता भुला दिया, अपने कर्तव्य और फर्जों की ओर से मुँह मोड़ लिया, इसका परिणाम क्या हुआ?...? इसका परिणाम यह हुआ कि एक के बाद एक के बाद मुसीबतें आईं और लोग तबाह होते चले गए, बर्बाद होते चले गए। ...
- लोगों ने कहा कि आपके अध्यापक और आपके नौकर को दो सौ रुपये महीने मिलते हैं और आप शिक्षा समिति के मालिक, संचालक, संस्थापक हैं और इतनी कम तनख्वाह लेते हैं—क्या बात है?...? उन्होंने कहा कि आदमी को खरच करने के लिए इतना ही काफी है। अध्यापकों को दो सौ रुपये मिलते हैं और मुझे ...
- लोगों ने कहा कि आपके बच्चे नहीं हैं अतः आपको दूसरी शादी करनी चाहिए या फिर कोई बच्चा गोद ले लेना चाहिए, नहीं तो वंश कैसे चलेगा?...? उन्होंने कहा कि ऐसा सम्भव नहीं है। हमें देश, संस्कृति की सेवा करनी है। असंख्य ऐसे बच्चे हैं जिनकी पढ़...
- लोगों ने कहा कि कहाँ है चारपाई और उसका कितना दाम है?...? दाम भी बहुत कम बता दिया। कह दिया कि दो रुपये की चारपाई है। दो रुपये की चारपाई है, दो रुपये की चारपाई...
- लोगों ने कहा कि कहाँ है?...? चारपाई और उसका कितना दाम है? दाम भी बहुत कम बता दिया। कह दिया कि दो रुपए की चारपाई है। दो रुपए की चा...
- लोगों ने कहा कि भगवान् के यहाँ आत्मा और परमात्मा जब मिलता है, तो कैसा आनन्द आता है?...? बता सकते हैं आप? ऋषियों ने कहा—क्या बतायें, कैसे बतायें, तुमने कभी चखा तो है नहीं। कैसे बता दें कि क...
- लोगों ने कहा कि यह क्या हुआ?...? ये हुआ कि उसकी जो शक्ति सोई हुई थी, उसे जगा दिया, इसको जगा दिया उसे भान हो गया कि मुझ में क्या कमी ह...
- लोगों ने कहा कि-धत् तेरे की, इसका हम क्या करेंगे?...? आप केवल माला का आसरा लिए बैठे हैं मित्रो! यह किसकी कहानी है? आपकी कहानी है। आप कौन हैं? आप तो बेअकल ...
- लोगों ने कहा क्यों भाई साहब क्या बात है, कैसे गोबर करते हैं?...? तो उसने कहा डर लगता है। जब आपका उत्साह आता है उमंग आती है कभी कोई लेख पढ़ लेते हैं, हमारे सम्पर्क में...
- लोगों ने कहा था कि हम गुरुजी की हीरक जयन्ती मनाएँगे तो आप क्या करेंगे हीरक जयन्ती में?...? हवन करेंगे, जुलूस निकालेंगे? नहीं जो हम कहें सो कीजिए और हमारा कहना यह है कि एक गाँव पीछे एक यज्ञ हो...
- लोगों ने कहा, यह कैसे हो सकता हैं?...? यह सब चीजें तो यहीं की थीं और यही पड़ी रह जाएँगी। आप तो बेकार ही कहते हैं कि यह हमारे साथ जाएगा। आपक...
- लोगों ने कहा-क्या आप इनसे जप वगैरह कराएँगे?...? मैंने कहा-नहीं उसके जाने के बाद घर वालों की चिट्ठियाँ आयीं की न जाने आपने कौन-सा मंत्र फूँक दिया ह...
- लोगों ने कहा-तुम्हारा धन किसके काम आयेगा विवाह कर लो तो उन्होंने कहा-कमाई पुत्रों को ही मिले यह क्या बात?...? उन्होंने कहा-समाज का हर बच्चा मेरा बच्चा है। यह कहकर उन्होंने एक अनाथ विद्यालय खोल दिया और अपना सारा...
- लोगों ने कहा—आप कान में क्यों कहते हैं?...? उन्होंने कहा—कान में इसलिए कहते हैं कि सबको मालूम पड़ेगा, तो विश्वास कम हो जाएगा। अरे! ये तो राम नाम ...
- लोगों ने कहा—क्या करना चाहते हैं?...? उन्होंने कहा—मैं नौकरी से इस्तीफा दूँगा और आपके गाँव में रहना चाहूँगा। इस गाँव की बच्चियों को शिक्षि...
- लोगों ने कहा—दीपावली की रात, कार्तिक का महीना, क्या किया जाए?...? मिट्टी के दीपक उठे। जरा-सी रूई और जरा-सा तेल लेकर दीपक जलने लगे। सब जगह अँधेरा छाया हुआ था। दीपकों न...
- लोगों ने जाना है कि जब सन्त का बाना ओढ़ लेता है, तो क्या कहता है और जब रामायण पढ़ता है तो कैसे-कैसे उपदेश दिया करता है और जब मकान पर आ जाता है, घर पर आ जाता है, तो उसके क्रियाकलाप क्या होते हैं?...? लोगों ने जान लिया है और समझ लिया है कि लेक्चर झाड़ना एक धंधा बन गया है। उसमें कोई दम नहीं और कोई ...
- लोगों ने धर्मश्रद्धा के आवेग में अधार्मिकता को कैसे गले बाँध लिया?...? इस इतिहास की शृंखला को समझना ही पड़ेगा भले ही वह कितना ही कष्टकर, अप्रिय एवं अरुचिकर क्यों न हो?मवाद ...
- लोगों ने पूछा कि क्या बात है?...? उसने कहा कि अगर यह समझ मरने से पहले आ गयी होती, तो हमने अपनी जिन्दगी का तरीका बदल दिया होता। फिर हम...
- लोगों ने पूछा कि आपको तो अब फाँसी लगने वाली है, यह क्या कर रहे हैं?...? उन्होंने कहा कि हमने जीवनभर मेहनत एवं मशक्कत की है। वह अभ्यास हमें हर दिन करना है। अजगर पड़ा रहता है।...
- लोगों ने पूछा कि आपने इतनी देर तक बार-बार किसलिए देखा?...? शिवाजी ने कहा कि हमने इनको इसलिए देर तक देखा कि काश! इतनी खूबसूरत अगर हमारी माँ होती तो हम भी इतने ख...
- लोगों ने पूछा भई तो कौन सा यज्ञ था जो इससे महाभारत के पाण्डवों से भी बड़ा यज्ञ था?...? उन्होंने कहा था एक ब्राह्मण ने एक सप्ताह के बाद में चार रोटियों का अनाज पाया, चार रोटियाँ बनाई, एक ख...
- लोगों ने पूछा, क्या वजह है?...? वह आदमी क्यों नहीं जिन्दा हुआ? जानने पर यह मालूम हुआ कि वह आदमी अपना मुँह जमीन में गाड़े हुए था और प...
- लोगों ने पूछा-यह पागलपन क्यों करते हो?...? तुम्हारे पास तो खाने का इंतजाम भी नहीं है और तुम्हारे पास तीन-चार बच्चे भी हैं। उनके पालन-पोषण का ...
- लोगों ने पूछा—"अब आप हजयात्रा पर कैसे जाएँगी?...? " उसने कहा—"अब हम कैसे जा सकते हैं। हज के लिए किराया फिर कहाँ से लाएँगे? अब हमारे लिए हज जाना मुश्कि...
- लोगों ने पूछा—"एक पैसे के लिए आप क्यों समय खराब करते हैं?...? हम आपको दूसरा पैसा दे देंगे। आप चलिए, यहाँ समय खराब होता है।...
- लोगों ने मुझसे पूछा कि इसमें कितना रुपया खर्च होगा?...? इसमें तो इक्कीस-बाइस लाख रुपया खर्च होगा। लोगों ने कहा कि गुरुजी! हजार कुण्डीय यज्ञ तो बड़ा जबरदस्त...
- लोगों ने मुझसे पूछा—बताइये आप क्या करते रहते हैं?...? मैंने कहा—मैं जुआ खेलता रहता हूँ। किसका जुआ खेलते हैं? हमको बता दीजिये! नहीं, आपको नहीं बता सकता। अग...
- लोगों ने यह भी कहा—आप सूख जाएँगे, आप खाली हो जाएँगी; लेकिन गंगा ने कहा—हम दिवालिया हो जाएँ, तो आपको कोई हर्ज है क्या?...? जिन्दगी एक अच्छे काम में लग जाए, तो कोई नुकसान है क्या? जब चल पड़ीं, तो हिमालय ने देखा—इतनी शानदार लड़...
- लोगों पर गुस्सा न करके अपने पर गुस्सा न करूँ तो क्या करूँ?...? आपको मालूम है, जब आदमी मरने को होता है तो बहुत-से आदमी मिलने आते हैं। बहुत-सी शक्ति खर्च होती है। ...
- लोगों पर गुस्सा न करके अपने पर गुस्सा न करूँ तो क्या करूँ?...? आपको मालूम है, जब आदमी मरने को होता है तो बहुत-से आदमी मिलने आते हैं। बहुत-सी शक्ति खर्च होती है। को...
- लोगों में बहादुरी कैसे भरी जा सकती है?...? अगर यह उपदेश से हो जाए कि उससे सब लोग सूली पर चढ़ जाएँ, सब मारे जाएँ और हम सुरक्षित बैठे रहेंगे, ऐसा ...
- लोगों में बहादुरी कैसे भरी जा सकती है?...? अगर यह उपदेश से हो जाए कि उससे सब लोग सूली पर चढ़ जाएँ सब मारे जाएँ और हम सुरक्षित बैठे रहेंगे, ऐसा न...
- लोगों से कहा—श्रद्धा का चमत्कार देख लिया?...? हाँ, साहब श्रद्धा में बड़ी शक्ति होती है, श्रद्धा का बड़ा महत्त्व है। ये बातें सुनकर टॉमस ने कुछ लोगों...
- लोगों से कहा—‘‘तुम्हारे जीवन का लक्ष्य तुम्हें याद है?...? ’’ उन्होंने कहा—‘‘हमें नहीं मालूम कि हमारा क्या लक्ष्य है?’’ उन्होंने कहा—‘‘मैंने इतना परिश्रम किसलि...
- लोभ आप किस काम में करते हैं?...? आदमी को कितना चाहिए? आदमी को जरा-सा चाहिए। भगवान ने उसे इस लायक बनाया है जितना कि जितना कि ढेरों-के ...
- लोभ एक, लोभ को किस तरीके से तोड़ा जाये, लोभ क्या है?...? लोभ ये है कि आदमी के गुजारे के लिए मुट्ठी भर चीजों की जरूरत है, मुट्ठी भर चीजें चाहिए। मुट्ठी भर से ...
- लोभ और मोह की जटिल जंजीरे वैसी ही टूटती दीखेंगी जैसे कृष्ण जन्म के समय बन्दीगृह के ताले अनायास ही खुल गए थे?...? यों मायाबद्ध कृमि कीटकों के लिए वासना और तृष्णा की परिधि तोडक़र परमार्थ के क्षेत्र में कदम बढ़ाना लगभ...
- लोभ का दबाव आने पर आप सही साबित होते हैं कि नहीं?...? मोह का दबाव आने पर आप सही साबित होते हैं कि नहीं? सिद्धान्तों के प्रति, जिनकी आप हर वक्त दुहाई देते र...
- लोभ क्या है?...? लोभ को बेटे! नरक कहते हैं और मोह को बन्धन कहते हैं। लोभ सामान का होता है, वस्तुओं का होता है, पैसे का...
- लोभी होकर के आप भजन करेंगे, तो बात कैसे बनेगी?...? लोभ की वजह से ही सारी दुनिया में अनाचार फैला हुआ है। इसकी वजह क्या है, बताइये? भूख की वजह से लोग न...
- लोमश ऋषि की आँखें खुलीं तो उन्होंने कहा—बेटे, तूने यह क्या कर डाला?...? राजा ने गलती कर दी तो हमें तो नहीं करनी चाहिए। पर अब क्या कर सकते थे, तीर तो निकल चुका था, मुँह से म...
- लोमड़ी को कम क्यों?...? ऐसे शरीफ बाप को बेइंसाफी नहीं करनी चाहिए। हर बेटे को बराबर देना चाहिए। हर बेटे को बराबर बाँटना चाहिए...
- लोमड़ी को पकड़ने का तरीका बताइये?...? वही तरीका दुनिया में। आपने तो एक ही तरीका सीखा है न? कौन-सा बस वो एक तो ॐ लोमड़िआय नमः। लोमड़ी ले जाइए...
- लोमड़ी, खरगोश जो जंगल में उछलते हैं, कभी बीमार पड़ते देखे हैं आपने?...? कोई नहीं पड़ता। एक ही बेवकूफ जानवर है, जिसका नाम है—मनुष्य। यही बीमार पड़ता है। क्यों पड़ता है? सिर्फ ए...
- लोमड़ी, खरगोश जो जंगल में उछलते हैं, कहीं बीमार पड़ते देखे हैं आपने?...? कोई नहीं पड़ता है।
एक ही बेवकूफ जानवर है जिसका नाम है — मनुष्य। यही बीमार पड़ता है। क्यों पड़ता है? स...
- लोहा गलाने की भट्टियों में जलती रहती है कि नहीं?...? उनमें तो और भी ज्यादा कमाल होगा। रेल के इन्जन में तो और भी ज्यादा कमाल होगा। आग में शक्ति नहीं होती।...
- लोहे का क्यों है?...? इसलिए है कि हमने अपने शरीर को भगवान के काम में लगा दिया है। हमारा शरीर बहुत ठीक है और अगर आप भी अपने...
- लोहे का क्यों है?...? इसलिए है कि हमने अपने शरीर को भगवान के काम में लगा दिया है। हमारा शरीर बहुत ठीक है और अगर आप भी अपने...
- लोहे की लगा दें तब?...? तब बेटे! वह मुड़ जाएगी। चट्टान में सूराख हो जाएगा? नहीं बेटे! नहीं होगा। लोहे की नोक मुड़ जाएगी, मार...
- लोहे को पारस पत्थर के साथ छुआ देते हैं, तो क्या हो जाता है?...? उसका नाम सोना हो जाता है। इस तरह के बहुत उदाहरण हैं।
भगवान से जुड़ने का नाम योग
मि...
- लोहे में और चाँदी में फरक नहीं होता है?...? नहीं साहब! लोहा काला रहता है। नहीं साहब ! काला नहीं होता सफेद होता है। लोहा मैला होता है, जंग लग जात...
- लोहे में और चाँदी में फर्क नहीं होता है?...? नहीं साहब! लोहा काला रहता है। नहीं साहब! काला नहीं होता सफेद होता है। लोहा मैला होता है, जंग लग जाती...
- लोहे से कैसे बनाएँगे?...? पहले इसको गलाएँगे, तपाएँगे? जब तक इसे गलाएँगे-तपाएँगे नहीं, तब तक कोई हथियार नहीं बन सकता। सोना हमार...
- लौट के आएगी कैसे नहीं?...? गुंबज की आवाज, आवाज दीजिए, लौटकर जाएगी, पीछे आएगी आपके पास ही आएगी, आ जा। जैसा आप बोएँगे वैसा ही काट...
- लड़का खीझकर बोला-कहीं एक सींक से सफाई होती है?...? बुहारी हो तो लाओ? पिता बोला-बेटा जिस तरह एक सींक अकेली सफाई नहीं कर सकती एक व्यक्ति अकेला उन्नति नही...
- लड़का बड़ा हो गया, लोगों ने कहा बाटा क्या तू यह कर सकता है कि हमारे लिए अच्छे नये जूते बना दे?...? नए जूते मैं कहाँ से बना सकता हूँ। मेरे पास चमड़ा भी नहीं है, सामान भी नहीं है, दराँती भी नहीं है, चीज...
- लड़कियाँ कहाँ चली जाएँगी दुनिया से?...? औरतें क्या मिट जाएँगी और औरतों के लिए मर्द नहीं रहेंगे क्या? मर्द रहेंगे; लेकिन उनके बीच जो जहर है, ...
- लड़कियों की जान को जोखिम में डालकर विवाह का हर्षोत्सव मनाने वाले अभिभावक किस प्रकार समझदार कहे जायें और कैसे माना जाये कि वे अपने बच्चों को सच्चा प्यार करते हैं?...? बाल-विवाह के शिकार लड़के प्रसव पीड़ा में तो नहीं मरते पर उनकी भी कम दुर्दशा नहीं होती। रुग्ण शरीर, रुग...
- लड़कियों की जिन्दगियाँ कौन खराब करते हैं?...? दोस्त। दोस्त से ज्यादा दुश्मन आज के जमाने में शायद ही कोई हो सकता है। अच्छा हो कि आप किसी से दोस्ती ...
- लड़कियों की शादी कैसे होगी?...? हमारी नौकरी में तरक्की कैसी होगी इत्यादि छोटी चीजों में आप लगे रहते हैं, लेकिन आप अगर कभी अमर हो गये...
- लड़कियों को आगे बढ़ाने वाला मुझसे ज्यादा कौन हो सकता है?...? कौन है जो मुझसे ज्यादा प्रोत्साहन करेगा? लेकिन आप आँखें नीचे रखिए। आँख से आँख मिलाकर लड़कियों की तर...
- लड़कियों को घरों से उठा कर ले गये तो कहा गया, जिस लड़की का अन्न जहाँ बदा है, जिसके साथ इसका जूरी-संयोग लिखा-बदा है, जहाँ दुःख-सुख इसे भोगना है वहीं तो यह रहेगा-इस विधि-विधान के प्रतिकूल रोष करने से क्या बनेगा?...? मुट्ठी भर विदेशी, रोमांचकारी, लूट-खसोट और नृशंस उत्पीड़न करते रहे और हमें कहा गया-भगवान की इच्छा के ब...
- लड़की ने मुझसे प्रश्न किया-‘‘बताइये, अब मैं क्या करूँ?...? ’’
वहाँ तो इज्जत का सवाल था। अतः जैसे-तैसे उसे ढाढस दिया। कहा, ‘‘बेटी, भगवान की इच्छा स्वीकार करो।...
- लड़की पर चढ़ाने के लिए इतने महँगे कपड़े किस काम के जिन्हें पहनकर वह बन्दर जैसी अजनबी और बिल्कुल कृत्रिम लगे?...? घर में जैसे पहने जाते हैं उससे ड्यौढ़े-दूने दाम तक के कपड़े वर-वधू को दिये जा सकते हैं, पर नाटकों में ...
- लड़के और लड़कियाँ ऐसे कदम उठाते हैं कि उनको यह ज्ञान ही नहीं होता कि क्या करना है और क्या नहीं करना है?...? इसलिए लोग उसे गलत ठहराते हैं और कहते हैं गधा है। जब समझ आए तभी से शुरू होती है जिन्दगी मित्रो! जिन्दग...
- लड़के ने तुरन्त उत्तर दिया-यदि यह तस्वीर बिना बनाये नहीं बन सकती तो इतना बड़ा संसार बिना कर्ता के कैसे बन सकता है?...? (३) अपने साथी को मेंड़ पर खड़ा लड़का चिल्लाया-भागो खेत का मालिक खड़ा है। दोनों भागे दूर जाकर रुके तब प...
- लड़कों का तो कहना ही क्या?...? लड़कों में तो शायद ही कोई ऐसा बचा होगा, जिसने मैट्रिक पास न कर लिया हो, बी0ए0 पास न कर लिया हो। अ...
- लड़ाई मोहब्बत की है, या कैसी है?...? हिंसा की है या अहिंसा की है? यह मैं इस बखत बात नहीं कह रहा हूँ।...
- लड़ाई होने की वजह?...? वजह ये है कि अच्छे आदमी कभी संगठित होकर नहीं बैठे। अच्छे आदमियों ने कभी नमाज मिल-जुल के नहीं पढ़ी। मु...
- लड़ाई-झगड़े की बात तो भगवान भी कह रहे थे और अर्जुन को बार-बार कहा था कि आप लड़िए—‘‘ततो युद्धाय युज्यस्व’’ लड़ने के लिए दबाव डाला था तो क्या लड़ना भी पुण्य है?...? हाँ लड़ना भी पुण्य है। पुण्य को आप सीमाबद्ध मत कीजिए। केवल पानी पिलाने को ही पुण्य मत मानिये; रोटी खि...
- लड़े बिना काम कैसे चलेगा, बताइये न?...? रावण से लड़े बिना कहीं काम चला? दुर्योधन से लड़े बिना काम चला? कंस से लड़े बिना काम चला? लड़ाई मोहब्बत क...
- वंश-परम्परा की रक्षा कैसे होती है?...? पण्डित जी से पूछा, तो वे बोले, बस जौ का पिंड बना लो और उस पर धूप-दीप फूल लगा दो और ‘तर्पयामि’ करके पि...
- वंश-परम्परा की रक्षा कैसे होती है?...? पण्डित जी से पूछा, तो वे बोले, बस जौ का पिंड बना लो और उस पर धूप, दीप, फूल लगा दो और ''तर्पयामि'' करक...
- वक्त आएगा तब बनाएँगे?...? नहीं साहब! हमें तो अभी बना दीजिए। चलो अभी बना देते हैं। बस, चार आने की मूँछें लगा दी, जा तू हो गया ज...
- वक्त आने दीजिए, आप देखेंगे कि कौन-सा सूरज है, जो आपके कमरे में आ सकता है?...? आपकी मरजी के बिना आपके कमरे में कोई सूरज नहीं आ सकता। आप अपने दरवाजे बन्द कर लीजिए, फिर आप देखेंगे कि...
- वक्ता जब इतने जोर-शोर से अन्यान्यों में बदलाव लेने की बात करता है और उसका महात्म्य फलितार्थ भी उच्च कोटि का बताता है, तो उसे अपने आचरण में क्यों नहीं लाता?...? इस प्रश्र के उत्तर में दो ही बातें उभरकर आती हैं। एक तो यह कि कथन व्यावहारिक नहीं है; सुधार सम्भव नह...
- वजह क्या है?...? इसे जानने के लिए जरा गहराई में जाना चाहिए। हम इतनी मेहनत करें और फिर यह हमको तंग करे। आखिर इसकी क्...
- वजह क्या थी?...? पन्द्रह सौ लोग, पन्द्रह सौ मुसलमान हिन्दुस्तान के ऊपर आए और एक हजार वर्ष तक इस बुरी तरीके से हुकूमत ...
- वजह क्या है?...? ये सब गलतियाँ हैं। इसी तरीके से अपने स्वास्थ्य के लिये जो खान-पान, आहार-विहार जैसा रखना चाहिए था, वै...
- वजह क्या है?...? आपका कोई लक्ष्य थोड़े ही है। मन हमेशा एक काम में लगता है, जो जीवन का लक्ष्य है।...
- वनमानुष होते हैं, जंगलों में रहते हैं, देखे हैं न आपने?...? जंगलों में न इनको कपड़ा पहनना आता है, न इनकी कोई सभ्यता है, न इनकी कोई बातचीत है। ऐसे ही किसी तरीके स...
- वनमानुष होते हैं, जंगलों में रहते हैं, देखे हैं न आपने?...? न इनको कपड़ा पहनना आता है, न इनकी कोई सभ्यता है, न इनकी कोई बातचीत है। ऐसे किसी तरीके से जैसे बन्दर प...
- वनवास काल में जहाँ-तहाँ छिपे रहकर जिस-तिस की नगण्य सी नौकरियाँ क्यों करते फिरते?...? हमारी क्षमता नगण्य है, पर मथुरा जितने दिन रहे, वहाँ रहकर इतने सारे प्रकट और अप्रकट कार्य जो हम करते ...
- वरदान अनायास ही किसी को कहाँ से मिलते हैं?...? देवता कुपात्रों और असमर्थों पर कृपा कहाँ से करते हैं। पात्रता की गहराई रहने पर ही वर्षा का पानी वि...
- वरदान अनायास ही किसी को कहाँ मिलते हैं?...? देवता कुपात्रों और असमर्थों पर कृपा कहाँ करते हैं। पात्रता की गहराई रहने पर ही वर्षा का पानी विशाल ज...
- वरदान और आशीर्वाद पाने के पश्चात रावण को कुछ मिला?...? नहीं, वह घाटे में रहा और उसका नुकसान ही हुआ।
किसी को बुखार आता है, किसी की मृत्यु होती है, पर...
- वरदान और आशीर्वाद पाने के पश्चात् रावण को कुछ मिला?...? नहीं, वह घाटे में रहा और उसका नुकसान ही हुआ।किसी को बुखार आता है, किसी की मृत्यु होती है, पर रावण की...
- वरदान की क्या प्रतिक्रिया हो सकती है, आप समझते हैं?...? क्या आप बता सकते हैं? वरदान की प्रतिक्रिया वही होती है, जो होनी चाहिए। जिन लोगों ने वरदान माँगे थे, ...
- वरदान के लिए सत्र की क्या आवश्यकता है?...? वरदान माँगने तो लोग यहाँ चले आते हैं तथा प्राप्त कर लेते हैं। आशीर्वाद का सिलसिला तो जब से हमने होश ...
- वरदान क्या होता है?...? उन्नतिशील लोगों को प्रगतिशील लोगों के आगे बढ़ने के लिए यह दिया जाता है। आपने देखा है? स्कूलों द्वारा ...
- वरदान, काली दे रही थी?...? काली नहीं दे रही थी बेटे! रामकृष्ण परमहंस की श्रद्धा दे रही थी, जो पत्थर से टकराती थी और टकरा करके फ...
- वरन् यह भी परखें कि किसने कहा?...? गाँधी, विनोबा आदि के कथनों और मार्ग दर्शनों को लाखों ने सच्चे मन से अपनाया और उसके हेतु बढ़-चढ़कर त्...
- वरन् यह भी सोचना चाहिए कि बच्चों को हम क्या और कैसे संस्कार देंगे?...? बच्चों को जो करना है, जैसा भी उनको बनना है, वह सारी तैयारियाँ बालक पेट में नौ महीने के भीतर पचास फीस...
- वर्तमान कानूनों में और क्या काम होगा?...? बेटे, वर्तमान कानूनों में यह सुधार हो जायेगा कि दोनों के लिए एक से कानून बन जायेंगे। अगर घूँघट स्त्र...
- वर्तमान परिस्थितियों में हमें क्या और कैसे करना चाहिए?...? इसका ज्ञान प्राप्त किए बिना अपनी दिशा, कार्य-पद्धति और साधनों का निर्णय नहीं किया जा सकता, जिसे अपने...
- वर्तमान प्रगति की वस्तुस्थिति खुली आँखों से— हमें पूर्वजों से क्या मिला?...? हमने अपने बच्चों को क्या दिया?— 6E's – Empathy > Energy > Ecology >
Environment > Epi...
- वर्तमान प्रगति पर एक प्रश्न— महत्ता ही नहीं सत्ता पर प्रश्नचिह्न?...?
4. वर्तमान प्रगति की वस्तुस्थिति खुली आँखों से— हमें पूर्वजों से क्या मिला?
हमने अपने बच्चों क...
- वर्तमान प्रगति— सच्चाई नकारें कैसे?...?
3. वर्तमान प्रगति पर एक प्रश्न— महत्ता ही नहीं सत्ता पर प्रश्नचिह्न?
4. वर्तमान प्रगति की वस्तु...
- वर्ष में एक बार उनका जन्म-दिन आता तो वे एक-दूसरे को सर्वोत्तम भेंट दिया करते?...? दैवयोग से व्यापार में घाटा शुरू हुआ और यहाँ तक हुआ कि डोरिस दाने-दाने को मोहताज हो गया। फिर विवाह की...
- वर्षा खत्म होने से क्या परिणाम हुए?...? सारे का सारा लीबिया रेगिस्तान हो गया। राष्ट्र संघ ने अपना पैसा देकर यह कहा कि इतने समृद्ध मुल्क में ...
- वर्षा नहीं हुई और आपका खेत सूख गया तब?...? तब आपको हैरान होना पड़ेगा। इस हैरानी से आपको अपना बचाव करना पड़ेगा और इसके लिए एक ही तरीका है कि हम इच...
- वर्षा होगी तो अच्छी फसल हो सकती है और नहीं होगी तो?...? वर्षा नहीं भी हो सकती है। फसल होगी तो खुशी और नहीं होगी तो नाखुशी। मित्रो! अगर आप खुशी और नाखुशी क...
- वसन्त से क्या मतलब है?...? बेटे, वसन्त से मेरा मतलब उस समय से है, जिसके अन्दर उमंगें, पत्तियों के अन्दर उमंगें, वृक्षों के अन्दर ...
- वसन्त का अवतरण हो और पेड़-पादपों पर रंग-बिरंगे फूल न खिलें, यह हो ही नहीं सकता, प्रभात उगे और अन्धकार एवं निस्तब्धता का माहौल बना रहे, यह अनहोनी होती दीख पड़े, इसकी आशंका किसके मन में रहेगी?...? नारी युग की अधिष्ठात्री, धरती की देवी अपनी गरिमा सिकोड़े-समेटे और दबाए-दबोचे बैठी रहे, यह विपन्नता क...
- वसन्त पर्व तो अभी एक महीना पहले ही व्यतीत हुआ है, फिर यह कैसा मिनी वसन्त पर्व है?...? हाँ बेटे! यह मिनी वसन्त पर्व है। जो हमारे परिजन छूटे हुए थे। जिनको कि हम दायाँ-बायाँ हाथ कहते हैं। क...
- वसुधैव कुटुम्बकम् की मान्यता कहाँ निभी?...? यदि कलह और विद्वेष की आग में जलते मरते अपना अस्तित्व मिटाना है, तो बात दूसरी है, अन्यथा समता और एक...
- वसुधैव कुटुम्बकम् की मान्यता क्या है?...? आत्मवत् सर्वभूतेषु। आत्मवत् सर्वभूतेषु क्या है? एक ही है - (आप) आप दूसरों की मुसीबत में हिस्सेदार हो...
- वस्ति क्रिया क्या होती है?...? टट्टी के रास्ते पानी पी जाते हैं और फिर उसी रास्ते से पानी निकाल देते हैं। इसको वस्ति कहते हैं। तो...
- वस्तुओं और क्रियाओं दोनों को जब मिला देते हैं तो यह क्या हो जाता है?...? तो यह पूजा हो जाती है।
मित्रो! पूजा और पाठ आरम्भिक विद्यार्थी को हम यही सिखाते हैं। खड़िया और ...
- वस्तुओं की जरूरत है?...? वस्तुओं की भी जरूरत है। कर्मकाण्ड उपयोगी है? कर्मकाण्ड की भी जरूरत है। प्रतीकों की जरूरत है? प्रतीको...
- वस्तुओं की हेरा-फेरी से क्या मतलब?...? चावल छिड़क देना, रोली लगा देना, गायत्री माता की मूर्ति रख देना, कलश स्थापित कर देना, फूल चढ़ा देना, अक...
- वस्तुओं में शान्ति नहीं है?...? वस्तुओं में कोई शान्ति नहीं है। पदार्थों में कोई शान्ति नहीं है। शान्ति वहाँ नहीं है मित्रो! सुख- सु...
- वस्तुत: सर्वथा दोषरहित व्यक्ति कदाचित् कोई भी नहीं होता, पर अपनी गलती कोई सोचे कैसे?...? इससे हेठी जो होती है, नाक जो कटती है, अपनी सर्वज्ञता पर आँच जो आती है। इसलिए काम बिगड़ने पर उसका लां...
- वस्त्रों का उपयोग कैसे होता है?...? जीभ का उपयोग, मन का उपयोग, वस्त्रों का उपयोग ये सब कर्मकाण्ड में आते हैं। ये बहुत साधारण हैं, बिल्कु...
- वह कौन सा देश है?...? वह हिन्दुस्तान की सीमा से लगा हुआ बर्मा देश है। बर्मा के बाद में एक और देश में चले जाइये जो बर्मा ...
- वह अखण्ड दीपक कितना बड़ा हो गया?...? वह पचपन साल पुराना हो गया है। उस दीपक को हमने कितना घी पिलाया है? बेटे! हम कुछ कह नहीं सकते। एक-एक स...
- वह अनावश्यक धन, हराम का धन जब उन लोगों के पास आया तो उन्होंने क्या-क्या किया?...? आप नहीं जानते, मैं जानता हूँ। पण्डा-पुजारियों महन्तों और मठाधीशों की हकीकत मुझे मालूम है, आपको नहीं ...
- वह अनावश्यक धन, हराम का धन जब उन लोगों के पास आया तो उन्होंने क्या-क्या किया?...? आप नहीं जानते, मैं जानता हूँ। पण्डा-पुजारियों, महन्तों और मठाधीशों की हकीकत मुझे मालूम है, आपको नहीं म...
- वह अनावश्यक धन, हराम का धन जब उन लोगों के पास आया तो उन्होंने क्या-क्या किया?...? आप नहीं जानते, मैं जानता हूँ। पण्डा-पुजारियों, महन्तों और मठाधीशों की हकीकत मुझे मालूम है, आपको नहीं म...
- वह अन्न उनके पेट में जाना चाहिए, मैं अकेला ही खा करके क्या करूँगा?...? नारद जी ने पूछा—दुनिया में शाक-भाजी बहुत है, वो क्यों नहीं खाते, पत्ते क्यों खाते हो? उन्होंने कहा—म...
- वह अपना अपमान लगता है और बैर को बाँध लेता है, जैसे किसी से कहा जाय ‘‘आप बड़े गलत आदमी हैं, ऐसे काम क्यों करते हैं?...? ’’ तो उस वाक्य में व्यक्ति के प्रति घृणा की भावना ही व्यक्त होती है। कहने वाला भले सदाशयी हो पर वह अ...
- वह अपना भाई है उसके साथ राम-भरत जैसे मधुर सम्बन्ध बनाने चाहिए, रावण-विभीषण की तरह, सुन्द-उपसुन्द की तरह परस्पर द्रोही विद्रोही बनकर रहने में क्या आनन्द?...? मन ने यदि साथ दिया होता तो शरीर की ऐसी दुर्गति न होती जैसी आज है। उसने काया को स्वस्थ और समर्थ रखन...
- वह अपनी तारीफ करती रहती है, अपने मायकेवालों की तारीफ करती रहती हैं और ससुरालवालों की?...? अजी तुम मालदार हो तो क्या? हमारा बाप गरीब थोड़े ही है। जब कहेगी, तब अपने बाप की प्रशंसा की बात कह...
- वह अपने सम्बन्धियों से मिलने घर गया तो उस स्त्री से भी मिला और पूछा-यहाँ कोई नैपोलियन नामक लड़का पढ़ता था, आप उसे जानती है?...? इस पर स्त्री बोली-हाँ था एक नीरस किताबी कीड़ा। नैपोलियन हँसकर बोला-श्रीमती जी! यदि वह उन दिनों नीरस न...
- वह अभी भी जिन्दा है कि नहीं?...? अभी आप मुझे अपने आपका इम्तहान लेने दीजिए। मैंने किसी से नहीं माँगा। उस हजार कुण्डीय यज्ञ में चालीस...
- वह आखिरी वाला हिस्सा, कौन सा वाला?...? जिस दिन आदमी की मौत आती है। मौत को मैंने देखा। एक बार देखा, दो बार देखा, तीन बार देखा। तीन जन्मों का...
- वह आग के रूप में जल जाता है और चिता?...? चिता में मरा हुआ इनसान भी आग के रूप में जलने लगता है। क्यों साहब! मरा हुआ इनसान भी? हाँ, मरा हुआ इनस...
- वह आग के रूप में जल जाता है और चिता?...? चिता में मरा हुआ इनसान भी आग के रूप में जलने लगता है। क्यों साहब! मरा हुआ इनसान भी? हाँ मरा हुआ इनसा...
- वह आत्मबल कहाँ से आता है?...? आत्मबल जुर्रत का नाम है। आत्मबल साहस का नाम है। आत्मबल मैग्नेट का नाम है, जिसमें कि आदमी अपने लोभ ...
- वह आदमी क्यों नहीं जिन्दा हुआ?...? जानने पर यह मालूम हुआ कि वह आदमी अपना मुँह जमीन में गाड़े हुए था और पीठ ऊपर किए हुआ था। लोगों ने ...
- वह आदमी हँस हैं, जो दूध और पानी में फर्क करते रहते हैं अर्थात् जो चीज सामने आती है, उसमें से यह फर्क करते हैं कि उचित क्या है और अनुचित क्या है?...? यह कसौटी है खरे-खोटे की पहचान की।...
- वह आपको अपने भीतर कभी तलाश ही नहीं करेगा कि आप कहाँ बैठे हैं?...? ’’ आप मजा कीजिए, आपको कोई तंग नहीं करेगा। नारद जी की बात भगवान के समझ में आ गयी। वे चुपचाप चले गए और...
- वह आयेगी कहाँ से?...? आत्म रक्षा को महत्त्व देने वाली समर-नीति समझौतों की चर्चा की इजाजत नहीं देती। पुरानी बात अलग थी, जब ...
- वह इतनी दबाई और सताई गई है कि बस, आपसे क्या कहें?...? नारी के उत्थान के लिए समर्पित गुरुदेव
बेटे! ऐसे ही गुरुजी का तो मुझसे भी ज्यादा है। उन्होंने एक पु...
- वह इशारा समझ गया, लेकिन उनके आगे जवाब क्या दे सकता था?...? उसने कहा, पिताजी! मुझे प्यास लगी थी। पानी पीने के लिए और आपको खबर सुनाने एवं सुस्ताने के लिए मैं आया...
- वह ईश्वर हमारा है?...? हाँ बेटे, हर आदमी एक अलग ईश्वर है। मसलन, मीरा का एक अलग ईश्वर था। उसने अपने ईश्वर को पाल-पोसकर बड़ा ...
- वह उजाला कर सकता है?...? नहीं, दीपक जीवात्मा में कोई बल नहीं दे सकता, क्योंकि वह वस्तु है, पदार्थ है, मैटर है, जड़ है। जड़ ची...
- वह उद्देश्य कैसे पूरा होगा?...? जिसके लिए हमने आपको वानप्रस्थ बना करके बुलाया और अब हम आपको आगे भेजने वाले हैं। इसके लिए हमें वह क...
- वह एक बात परखते हैं—आदमी का ईमान, आदमी का चरित्र, आदमी की वृत्ति, आदमी के गुण, आदमी के कर्म और स्वभाव क्या है?...? अगर आप साफ हैं अगर अपने आपको साफ बनाने की कोशिश की है तो मैं यह कहता हूँ कि भगवान् आपके पास भागते हु...
- वह कब अधूरा और अपंग है?...? जब तक उसका हमारे भावना क्षेत्र पर प्रभाव न पड़े और उसका संशोधन न हो। भाव सम्वेदनाओं की जाग्रति न हो, ...
- वह कब अधूरा और अपंग है?...? जब तक उसका हमारे भावना क्षेत्र पर प्रभाव न पड़े और उसका संशोधन न हो। भाव सम्वेदनाओं की जाग्रति न हो,...
- वह कब फूट जाएगा, यह किसको पता है?...? इन्सान का यह शरीर एक गुब्बारा है। इसमें से हवा कब निकल जाएगी, इसको कौन जानता है? यह कोई आश्चर्य नहीं...
- वह कभी इधर को भटके कभी उधर को भटके तो उससे निशाना कैसे साधा जाएगा?...? बीस जगह ध्यान रहा तो आप विजेता नहीं बन सकते हैं। भगवान आपको अपनाने के लिए हाथ बढ़ा रहा है, परन्तु ये त...
- वह कभी शराब पीता था, कभी मुसलमान बनता था, कभी क्या करता था?...? गाँधी जी ने अगर यह ख्याल किया होता कि हमारा बेटा हमसे बेकाबू हो गया है और हम बेटे को सुधार नहीं सके,...
- वह करुणा, जिसमें राम-भरत के मिलाप से लेकर के न जाने क्या-क्या हम देखते हैं?...? रामायण पढ़ते पढ़ते बीच-बीच में, आँखों में आँसू आ जाते हैं। ये आँसू कहाँ से आते हैं? बेटे! ये आँसू वा...
- वह कहती है-नहीं छोटी बच्ची कहती है-माताजी हमको दोगी?...? कहती है नहीं। यह तो जमा करके रखा जाएगा। बहुत मुनाफ़ा कमाया जाएगा। हमें वह कहानी याद आती है कि मधुम...
- वह कहाँ जाएगा?...? माँ को, पिता को छोड़कर कोई बच्चा नहीं जाना चाहता; लेकिन कर्तव्य के लिए और रोजी-रोटी के लिए और जिस उद...
- वह कहाँ रहता है?...? वह हमारे पेट में रहता है। वह सन्त हमारी अकल में, भावना में रहते हैं। आपको मालूम नहीं है। हमारा जन्म-...
- वह कहाँ से आती है?...? मैं कल आपको दूसरी बात कह रहा था। अन्न की बात कह रहा था कि अन्न से हमारा शरीर चलता है। अन्न से हमारा ...
- वह कहाँ से आयेगा?...? वह कॉपी करने के माद्दे से आयेगा। मनुष्य के अन्दर एक विशेषता भरी पड़ी है। वह दूसरे आदमियों की नकल करन...
- वह कहाँ से पैदा हुई थीं?...? उसी पत्थर में से पैदा कर दी थीं रामकृष्ण परमहंस ने। वह उनकी श्रद्धा से बनी थीं। अब भी वह मूर्ति है व...
- वह कहेगा कि क्या मामला है?...? तुम्हारे हिस्से में अस्सी रुपये आए थे, सो वह क्यों नहीं लिया? अरे साहब! हमारा तो गुजारा हो जाता है. ...
- वह कहेगी कि हमको पढ़ना कहाँ आता है?...? हमको पढ़ना कहाँ सिखाया गया, हमको गायत्री का अनुष्ठान कहाँ सिखाया गया? हम तो नाचने-गाने वाली निकम्मी...
- वह काम कैसे होगा?...? पिताजी का कर्ज कैसे चुकेगा? बच्चों को क्या पता? पिता को ही यह ध्यान रखना पड़ता है कि अगर हम नहीं रहे ...
- वह कामना, मनोकामना पूरी करता है, तो हर साल विद्यार्थी आत्महत्या कर लेते हैं, वो कहाँ जाएँगे?...? आपको इन बेकार की बातों से दूर रहना चाहिए। भगवान दयालु नहीं हो सकते। भगवान निर्दयी भी नहीं हो सकते। ...
- वह कितनी बार गायत्री मंत्र बोलता होगा?...? बेटे! वह सौ बार या एक सौ आठ बार तो बोलता ही होगा। तो क्या उसकी मुक्ति हो जाएगी? आपके खयाल से तो हो भ...
- वह कितनी बार गायत्री मंत्र बोलता होगा?...? बेटे! वह सौ बार या एक सौ आठ बार तो बोलता ही होगा। तो क्या उसकी मुक्ति हो जाएगी? आपके ख्याल से तो हो ...
- वह कितने प्रकार की होती है?...? (३) क्या स्वर्ग एवं नरक की मान्यतायें सही है? (४) सूक्ष्म व स्थूल शरीर में क्या भेद है। (५) क्या मुक...
- वह किन्हें होता है (७) अधिकांश लोग किस प्रकार के कर्मकाण्डों से आत्म-सन्तोष किये बैठें?...? क्या उनसे कुछ लाभ है। (८) पूजा उपासना का सच्चा मतलब क्या है। (९) ईश्वर की प्रसन्नता के कौन-कौन केन्द...
- वह किससे करेंगे?...? डण्डे से करेंगे? डण्डे से नहीं करेंगे, जबान से करेंगे, विचारों से करेंगे।
नशाखोरी से लेकर अन्यान्य ...
- वह किसी मंत्र फूँकने वाले के पास क्यों भटकेगी?...? भूत-बाधा और गृहयोग अशिक्षितों को परेशान कर सकते हैं, समझदार उनकी चाल में कैसे आएगा? टोने-टोटके पर वह...
- वह कुछ कर सकेगा?...? नहीं, कुछ नहीं कर सकेगा।
आज युग की माँग है—संगठित होना। जिसके लिए आपसे समय-समय पर कहा जाता है कि ...
- वह कुछ निराश हो गई और सोचने लगी कि अब क्या करे?...? तभी उसकी आँखें चमक उठीं। उसके हाथ में कुछ दिनों पूर्व ही बनवाए कपड़े थे। यह कपड़े उसने पाई-पाई जोड़कर अ...
- वह केवल पैसा ही तो चुका दिया और रूह का क्या हुआ?...? आम्रपाली ने अपने भावी जीवन को भूतकाल की खाई पाटने के लिए समर्पित कर दिया। वह सन्त हो गई और स्वामी वि...
- वह कैसा सुंदर दृश्य देखता है?...? कैसी सुहावनी छवि का लाभ उठाता है, आप भी ठीक वैसी छवि का लाभ उठा सकते हैं, अगर आप जीवनमुक्त होने की...
- वह कैसा है?...? वह हमारे लिए बनाया गया है और हमारे अन्त:करण में निवास करता है। एक ईश्वर वह है, जो हमारे व्यक्तिगत जीव...
- वह कैसे जिन्दा हो जाता?...? फिर वह कैसे जिन्दा हो गया और कैसे चला? वह इसलिए चला कि शृंगी ऋषि का शाप उस मरे हुए साँप की चमड़ी के...
- वह कैसे निकले?...? जब कोई उपाय दिखायी न दिया, तब सोचा गया कि साथी के हाथ में सोने का जो ठोस कड़ा था, क्यों न उसमें से थो...
- वह कैसे हो गई?...? वह हो गई उसके समर्पण से, पति के लिए वह समर्पित हो गई तो फिर क्या हो गया? स्वामिनी हो गई पत्नी। डॉक्ट...
- वह कौन भाई है?...? मित्रो! वह हमारा सन्त भाई है। वह कहाँ रहता है? वह हमारे पेट में रहता है। वह सन्त हमारी अकल में, भावना...
- वह कौन भी साधना थी?...? वह गायत्री मंत्र की उपासना एवं साधना थी। जो सफलता एवं सामर्थ्य उन्हें प्राप्त हुई, वह कौन सी थी? वह ...
- वह कौन सा हिस्सा?...? वह आखिरी वाला हिस्सा, कौन सा वाला? जिस दिन आदमी की मौत आती है। मौत को मैंने देखा। एक बार देखा, दो बा...
- वह कौन सा है?...? आज अवांछनीयताएँ घर- घर में और मन- मन में समा गयी हैं। इनके विरुद्ध लोहा लेना और संघर्ष करना भी आ...
- वह कौन सी चौपाई है?...? वह है—
‘‘सीयाराम मय सब जग जानी।...
- वह कौन सी परत है?...? उसे अध्यात्म कहते हैं। आध्यात्मिकता की एक परत और बच गयी है, जिसकी आपको जानकारी भी नहीं हो पाती और जि...
- वह कौन सी वाली परत है?...? वह हमारी आध्यात्मिकता की परत है। यह तीसरी वाली परत है। मैंने पहले एक उदाहरण दिया था और कहा था कि लकड़...
- वह कौन सी हैं?...? जिसे मैं अभी आपको बता रहा था। वह बैकवर्ड लोगों की हैं। समझदार लोगों की गायत्री माता वह नहीं हैं। समझ...
- वह कौन सी हैं?...? वह हमारी दिमागी बीमारियाँ हैं। लोग थोड़ी सी बीमारियों की बावत जानते हैं। दिमाग में क्या-क्या बीमारि...
- वह कौन है जो हमको चारों ओर से कँपाता है, जो चारों ओर से भयभीत करता है, जो चारों ओर से सन्त्रस्त करता है, हताश करता है?...? मित्रो! वह और कोई नहीं है, वरन् अपने भीतर की कमजोरियाँ हैं। यह दुनिया तो बड़ी खूबसूरत है और बड़ी श...
- वह कौन है?...? जमाखोर। जमाखोर और कामचोर, दोनों ही आध्यात्मिक दृष्टि से गालियाँ हैं। भौतिक दृष्टि से गालियाँ कोई भी ...
- वह कौन है?...? वह बेटे, हम हो सकते हैं। आपकी सम्पत्ति इतनी अधिक है? हाँ बेटे, हमारी सम्पत्ति बहुत बड़ी है। क्या सम्प...
- वह कौन है?...? वह एक माता है, जिसको ऋषियों की भाषा में गायत्री माता कहा गया है। दार्शनिकों की भाषा में ऋतंभरा प्रज्...
- वह कौन है?...? जमाखोर। जमाखोर और कामचोर, दोनों ही आध्यात्मिक' दृष्टि से गालियाँ हैं। भौतिक दृष्टि से गालियाँ कोई भी...
- वह कौन-सा पक्ष है, जिससे भगवान प्रसन्न होते हैं?...? भगवान उससे प्रसन्न होते हैं, जिससे उनका काम होता है। भगवान का क्या काम होता है? भगवान का काम यह होता...
- वह कौन-सा यज्ञ था, जो पाण्डवों के यज्ञ से भी बड़ा था?...? उन्होंने कहा—एक ब्राह्मण ने एक सप्ताह के बाद में चार रोटियों का अनाज पाया। उससे चार रोटियाँ बनाई। एक...
- वह कौन-सा हिस्सा?...? वह आखिरी वाला हिस्सा। कौन-सा वाला? जिस दिन आदमी को मौत आती है। मौत को मैंने देखा। एक बार देखा, दो बा...
- वह कौन-सी साइंस है?...? उसका नाम है—"साइंस ऑफ सोल।" पदार्थ की साइंस अलग है, मैटर की साइंस अलग है, परन्तु 'सोल' मैटर नहीं है। ...
- वह कौन-सी साधना थी?...? वह गायत्री मंत्र की उपासना एवं साधना थी। जो सफलता एवं सामर्थ्य उन्हें प्राप्त हुई वह कौन-सी थी? वह म...
- वह कौन-सी है?...? वह यह है कि पुराने-जमाने में जब अकाल पड़ते थे और खाने-पीने की चीजों का अभाव होता था, तो लोग भीख माँगन...
- वह कौन-से काम हैं?...? पहला काम-जो भारतीय मूल के निवासी हैं, उन सबका सम्मेलन अपने-अपने क्षेत्र में जरूर से करना है। ‘युग ...
- वह क्या बताया गया है?...? वह है-बन्धनों से मुक्ति’। बन्धनों से अगर मुक्ति मिल जाए, तो आदमी कितना सुखी हो सकता है! मुक्ति का अर...
- वह क्या कर सकती है?...? हमारी नौकरी क्लर्क की है। हमें ढाई सौ या तीन सौ रुपये मासिक वेतन मिलता है। हम उस परिस्थिति में मर जा...
- वह क्या करता है?...? उसकी समझ में ही नहीं आता कि उसको करना क्या है? पैसों के सदुपयोग का इसका जरा भी भान नहीं है। पागलों...
- वह क्या करना है?...? बिना दहेज और बिना जेवर के ब्याह करना है। आप लोगों में से जो अपने को हमारा कहते हैं, गायत्री परिवार...
- वह क्या चीज दी?...? उस चीज का नाम है-वासना॥ नेचर ने जानवर को वासना दे दी।
वासना का स्थान कहाँ है? वासना का स्थान दि...
- वह क्या चीज है?...? वह है बेटे, सन्तानों की संख्या। सन्तानों की संख्या जिस तेजी से बढ़ती जा रही है, गुणन प्रक्रिया के हिस...
- वह क्या चीज है?...? वह है—देवत्व के गुण। देवत्व के गुण अगर आपको मिलेंगे, तब आप जो सफलता चाहते हैं, उससे हजारों-लाखों गुन...
- वह क्या चीज है?...? वह है—अपने आप को जानना, तैरना। अपने आप को नदी की धारा में से पार करना। कैसी भी नदी हो, मल्लाह अपने आ...
- वह क्या था?...? वह एक दृष्टि थी, जो उस आदमी के भीतर काम करती थी। वह दृष्टि यह काम करती थी कि मैं अपने पेट पर पट्टी ब...
- वह क्या था?...? एक दृष्टि थी, जो उस आदमी के भीतर काम करती थी। वह दृष्टि यह काम करती थी कि मैं अपने पेट पर पट्टी बाँध...
- वह क्या विशेषता है?...? बच्चे को कीमती चीजें माँ नहीं देना चाहती है, क्योंकि उसकी पात्रता नहीं है। अगर यह चीज आपको मिल जाएगी...
- वह क्या विशेषता है?...? बच्चे को कीमती चीजें माँ नहीं देना चाहती है, क्योंकि उसकी पात्रता नहीं है। बच्चे को वह छोटी चीजें ही...
- वह क्या है?...? आप जो दायरा अभी इस्तेमाल करते हैं, वह बड़े दायरे में करना होगा। आपको आठ सौ पचास रुपया मिलता है, इससे...
- वह क्या है?...? बेटे, इसका मंतव्य यह है कि भगवान के चिन्तन का कोई लक्ष्य होना चाहिए। इसका नाम है—इष्ट। इष्टदेव का ध्य...
- वह क्या है?...? दूरदृष्टि, दूर की देखने की आदत। आज क्या फायदा है, इसको हमें कल के फायदे के ऊपर कुर्बान कर देना चाह...
- वह क्या है?...? ‘भर्गो’ कहते हैं- भून डालने को। भाड़ में जब चने भुनते हैं, तो भर्र- भर्र की आवाज होती है न? हाँ साह...
- वह क्या है?...? वह कार्यक्रम यह है कि चौबीस लाख यज्ञ घर-घर में करने का नया संकल्प हैं। पहले सामूहिक यज्ञ हुए थे,...
- वह क्या है?...? वह है—इंसानी जिन्दगी। आदमी का जन्म इतना बड़ा सौभाग्य है कि आप इसकी कल्पना नहीं कर सकते।
मित्र...
- वह क्या है?...? वह है—जनेऊ। जनेऊ क्या चीज है? जनेऊ एक रस्सा है। किस बात का रस्सा है। आदमी को नीति का अनुशासन, मर्याद...
- वह क्या है?...? यह है गायत्री मंत्र। हमें दो बार संध्या करनी चाहिए। मुसलमान पाँच बार नमाज पढ़ते हैं। आप मनमरजी नहीं क...
- वह क्या है?...? बेटे, इसका मंतव्य यह है कि भगवान के चिन्तन का कोई लक्ष्य होना चाहिए। इसका नाम हैं-इष्ट। इष्टदेव का ध्...
- वह क्या है?...? जो कुछ भी हम कमाते हैं वह सब पैंदे के छेद में से होकर निकल जाता है। फूटे हुए घड़े में पानी चाहे जितना...
- वह क्या हो सकता है?...? वह है—आत्मशोधन की प्रक्रिया। आत्मशोधन-प्रक्रिया के कौन-कौन से अंग हैं? आप उसके बिना जप नहीं कर सकते;...
- वह क्या हो सकता है?...? वह है-आत्मशोधन की प्रक्रिया। आत्मशोधन-प्रक्रिया के कौन-कौन से अंग हैं? आप उसके बिना जप नहीं कर सकते;...
- वह क्या होती है, कैसी होती है?...? यह तो हम लोग नहीं जानते, किन्तु यह जरूर जानते हैं कि पूज्य गुरुदेव सबके मन की बात जान लेते थे। वे अन्त...
- वह क्यों खराब हो जाती है?...? क्योंकि कच्ची ईंट ने गरम होने से, तपने से इनकार कर दिया और पकी ईंट ने कहा कि हम तपेंगे और हम मुसीबत ...
- वह गवर्नमेंट के कामों की हिफाजत के लिए होती है, लेकिन उन्हीं बन्दूकों को लेकर पुलिस का कप्तान डकैती डालने लगे, चोरी करने लगे और उससे पैसे कमाने लगे तब?...? तब वह गिरफ्तार हो जायेगा। पुलिस उसे पकड़ ले जायेगी।
मित्रो! भगवान ने हमको जो बुद्धि दी है, वैभव दि...
- वह चलेगा कि उसका चिप्पा हो जायेगा?...? तेरे वजन से बिल्कुल चिप्पा हो जायेगा। अच्छा महाराज जी! गायत्री माता का वजन कितना है? बेटे जितना ...
- वह चीज हमारी कहाँ चली गई है?...? बिल्ली के बच्चे गुम हो गए, बिल्ली कहीं चली गई! बच्चों की भी आदत होती है कि कहीं चले जाते हैं, छिपकर ...
- वह चुप रहीं क्या कहतीं?...? रामकृष्ण ने कहा—अच्छा पहले बेटा खा लेगा तब माँ खायेगी। उन्होंने ऐसा ही किया। आधा भोजन स्वयं कर लिया ...
- वह जगह कहाँ होनी चाहिए?...? जहाँ हमें पहुँच जाना है, जहाँ तुम्हें पहुँचना है, उसे मैं देवताओं का सिंबल कहता हूँ। मेरी लड़कियाँ कल...
- वह जबरदस्त डाकू, कैसा जबरदस्त सन्त बना कि भगवान रामचंद्र जी को अपनी पत्नी को वनवास भेजना था?...? पेट में दो बच्चे थे और उनको हिफाजत की जरूरत थी, जो उन बच्चों को संस्कारवान बनाए और धर्मपत्नी की इज्ज...
- वह जरूरत क्या है?...? यज्ञीय प्रक्रिया द्वारा सारे के सारे वातावरण को, जिसमें राक्षसपन और असुरता सूक्ष्मरूप से छाई हुई है,...
- वह जागीरदार गया और तलाश करता रहा कि हकीम जी कहाँ हैं?...? इस जंगल से उस जंगल में सारे दिन ढूँढ़ता फिरा। बाद में हकीम जी रास्ते में मिले। हकीम साहब! हम तो आप स...
- वह जीवन्त स्तर का हो, तो उसमें वह खेत-उद्यानों की तरह अपने को निहाल करने वाली और दूसरों का मन हुलसाने वाली सम्पदाएँ प्रचुर मात्रा में उत्पन्न हो सकती हैं, पर चट्टान पर हरियाली कैसे उगे?...? व्यक्तित्व अनायास ही नहीं बन जाता है। वह इर्द-गिर्द के वातावरण से अपने लिए प्राणवायु खींचता है। जहाँ...
- वह जेलखाने में रहता है, पाताल में रहता है, लोहे की तिजोरी में रहता है—कहाँ रहता है?...? यह हमको नहीं मालूम है, पर यह तक्षक को पता लगाना चाहिए और उसके बचाव की जो सारी की सारी दीवार है, उसको...
- वह जो कार्क है, वह तो जरा-सा है?...? लेकिन वह क्रमबद्धता—वह ताल—ताल की शक्ति इतनी जबरदस्त है कि वह काँपने लगता है और थरथराने लगता है। शब्...
- वह टॉर्चवाली विद्युत हमको कब मिल सकती है?...? जब हमको अपनी इंद्रियों पर और अपने विचारों पर काबू करना आ जायेगा। टॉर्च की वह रोशनी हमको तब मिल स...
- वह तलवार भी यही तलवार थी, जो हमारी और आपकी आँखों में रहती है, लेकिन उनके भीतर क्या चीज थी, जो तलवार का काम करती थी?...? तलवार काम करती है? बेटे! तलवार क्या काम करेगी। काम तो हाथ करता है, कलाई करती है। हाथ भी काम नहीं करत...
- वह दुनिया कैसी हो?...? जिसमें तेरे मित्र, तेरे भाई, तेरे कुटुम्बी, तेरे सलाहकार, मंत्री बिलकुल अलग रहते हों। यह दुनिया इन लो...
- वह देखना चाहता था कि तवा न मिलने पर ये सब क्या करते हैं?...? ज्ञानेश्वर की पीठ पर चील्हे बनते देख उसे बड़ी जलन हुई। जाकर कुत्ते को वही पकड़ लाया था। मुक्ता के शब्द...
- वह देवता कौन था?...? अन्नमय कोश था।
उन्होंने जीभ की उपासना की और जबान की उपासना की, जिसकी वजह से उनको दीर्घ जीवन मिला...
- वह न मिले तो अकेले अफसर ही सारा काम कहाँ कर सकेंगे?...? बढ़ती हुई सामयिक आवश्यकता की पूर्ति के लिए जागृत जनमानस को अपनी भूमिका निभानी चाहिए और जनशक्ति को उस ...
- वह नसीहत कहाँ से आई?...? किससे आई? वह माता-पिता से आई। कौशल्या ने राम के अन्दर दी और कैकेयी ने भरत के अन्दर। हालाँकि बाद में ...
- वह नौ गुण कौन-कौन से थे?...? सत्य, अहिंसा, अस्तेय, ब्रह्मचर्य, अपरिग्रह, शुचिता, शान्ति, आस्तिकता एवं तितिक्षा जैसे नौ गुण बताए ग...
- वह नौ गुण कौन-कौन से थे?...? सत्य, अहिंसा, अस्तेय, ब्रह्मचर्य, अपरिगृह, शुचिता, शान्ति, आस्तिकता एवं तितिक्षा जैसे नौ गुण बताए गए...
- वह पिण्डदान देगा?...? बेटे, वह आपको पिण्डदान नहीं देगा। आपका पिण्डदान? बेटे आपकी जेब में जो कुछ भी होगा वह और सब कुछ छीन...
- वह पूछती है कि कहाँ से लाये हो?...? डकैती डालकर के लाया हूँ। कहाँ डकैती डाली? अयोध्या में डाली। लेकिन जब बाहर वाला पूछता है, तब इनकार कर...
- वह पूज्य है, जिसका भारतीय संस्कृति एवं धर्म में कितना महत्त्वपूर्ण स्थान था?...? परन्तु हाय रे भगवान! आज हम जब उसकी स्थिति देखते हैं तो हमें रोना आता है कि हे भगवान उसका रूप क्या हो...
- वह प्रयोग क्या है?...? वह है—पुत्रेष्ठि यज्ञ। तो आप ही करा दीजिए? जो पैसा चाहिए हो, वह हम आपको दे देंगे। सामान चाहिए, त...
- वह बाँसुरी कैसी है?...? वासनाओं से खाली। तरह-तरह के विकारों से जब शिष्य खाली हो जाता है, तब गुरु उसमें तरह-तरह के राग निकालत...
- वह बागी हो जाता है और क्या करता है?...? चरम-सीमा पर जा पहुँचता है। दैत्य भी इन दिनों चरम-सीमा पर जा पहुँचेगा। अब वह समय निकट आ गया, जिसमें द...
- वह बात आप किस तरीके से कहेंगे?...? वह बात कहाँ से आरम्भ होनी चाहिए? जिस जनता को आप शिक्षण करने चले हैं, उस जनता का सबसे निकटवर्ती, सबस...
- वह बात कहाँ से आरम्भ होनी चाहिए?...? जिस जनता को आप शिक्षण करने चले हैं, उस जनता का सबसे निकटवर्ती, सबसे समीपवर्ती आदमी और आपका सबसे अध...
- वह बार-बार कहता रहा कि आप क्यों कष्ट उठाते हैं?...? हमें इनकी क्या जरूरत है, रहने दीजिए। हम तो आपके बच्चे हैं। नहीं साहब! ये सब तो आपको लेकर जाना पड़ेगा...
- वह बार-बार कहता रहा कि आप क्यों कष्ट उठाते हैं?...? ? हमें इनकी क्या जरूरत है, रहने दीजिए। हम तो आपके बच्चे हैं। नहीं साहब ! ये सब तो आपको लेकर जाना पड़...
- वह बीज कहाँ से पाया जाय, जो खेतों को सतयुगी धन-धान्य से भरा-पूरा बनाये, वह चिनगारी कहाँ से प्रकटे?...? जो दावानल की तरह अनीति की झाड़ियों के जंगल को भस्मसात करके रहे। अन्यत्र कहाँ जाया जाय, अपने ही घ...
- वह बुड्ढा कहाँ गया?...? उसका ट्रांसफर कर दिया गया है और अब वह दूसरे कैंप में चला गया है। बच्चों ने पूछा—हमारा बुड्ढा कहाँ है...
- वह बुड्ढा कहाँ गया?...? उसका ट्रांसफर कर दिया गया है और अब वह दूसरे कैंप में चला गया। बच्चों ने पूछा—हमारा बुड्ढा कहाँ है? ब...
- वह बेचारा समझ नहीं सका कि पिता जी का क्या इशारा है?...? पिता जी का यह इशारा था कि एक भाई लड़ाई में मारा गया, तुझे भी मरना चाहिए था। वह इशारा समझ गया, लेकिन उ...
- वह बेचारा समझ नहीं सका कि पिताजी का क्या इशारा है?...? पिताजी का यह इशारा था कि एक भाई लड़ाई के मैदान में मारा गया, तुझे भी वही करना चाहिए था। वह इशारा समझ ...
- वह बोलती नहीं है, तो क्या हुआ?...? बोलने के लिए हम और आप काफी हैं। मैं कहूँगा कि वे बकवासी लोग हैं, जबान के फूहड़ लोग हैं, आप उनको उपदेश...
- वह बोला अच्छा, ‘‘तो क्या माँगोगी?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘मौत।’’ वह बोला, ‘‘मौत वो नहीं देंगे। और कुछ नहीं माँग सकती?’’ मैं चुप हो गई, वह भी ब...
- वह बोला-पाँव बँध दूँगा तो चलूँगा कैसे, घर कैसे पहुँचूँगा?...? अब दयानन्द हँसे और बोले-समाज का आधा भाग एक पैर स्त्रियाँ रूढ़ियों की रस्सी से बाँध दी जायें तो भारती...
- वह ब्रह्मवादिनी थी और भी कितनी ही कन्याएँ हुई हैं?...? घोषा, लोपामुद्रा आदि कहाँ तक गिनाएँ? ढेर सारी कन्याएँ एक-से-एक बढ़िया और संस्कारी हुई हैं। उन्हें उन...
- वह भगवान का विश्वासी कैसे हो सकता है?...? जिस दिन वह भगवान का विश्वासी होगा, उस दिन से उसको पाप करने की हिम्मत नहीं होगी। हाथ-पाँव काँप जायेंग...
- वह भगवान जो आपको निरन्तर अपने ध्यान में बिठाये रखता है, उस विराट भगवान को आप अपने पास कैसे बिठायेंगे?...? मित्रो! एक बार फिर हमने भगवान जी से पूछा कि भगवान जी! आप क्या करते हैं? उन्होंने कहा कि महाराज ...
- वह भटक तो गया, गुमराह तो हो गया, कि उसे कहाँ चलना चाहिए था?...? लेकिन उसने एक मन्नत जरूर पूरी की कि व्यक्ति के भीतर जो शक्तियों दबी पड़ी हैं, उन सारी शक्तियों को जग...
- वह भी कैसे चुप रहता?...? पूरे जिले के प्रशासन की बैठक हुई। वातावरण ऐसा बन गया था कि कब क्या हो जाय? अतः पुलिस भी पूरी तरह चौक...
- वह भी खून में जाने के बाद फायदा किया कि नहीं?...? नहीं हुआ तो वह भी मल के साथ बाहर निकल गया।
श्रेष्ठतम माध्यम : औषधि पहुँचने का
मित्...
- वह भी गाली देता है और आप भी गाली देंगे, तो बात कैसे बनेगी?...? आप गाली मत देना। कुत्ते ने आपकी टाँग को काट खाया, तो क्या आप भी कुत्ते की टाँग काटेंगे या नहीं काटें...
- वह भी फिर वेश्या है क्या?...? नहीं साहब! हमारी लड़की तो वेश्या नहीं है। बाकी सब वेश्या हैं। ये कैसे हो सकता है? बेटे, यह तेरे आँखो...
- वह भी फिर वेश्या है क्या?...? नहीं साहब! हमारी लड़की तो वेश्या नहीं है। बाकी सब वेश्या हैं। ये कैसे हो सकता हैं? बेटे, यह तेरे आँखो...
- वह भी फिर वेश्या है क्या?...? नहीं साहब! हमारी लड़की तो वेश्या नहीं है। बाकी सब वेश्या है। ये कैसे हो सकता है? बेटे, यह तेरे आँखों...
- वह भी बता देंगे बाबा उसमें क्या बड़ी से बात है?...? वह कोई बड़ी सी बात नहीं है। माँगना हो तो हाथ जोड़कर माँगे कि झोली में माँगे कि टोपी में माँगे कि क...
- वह मंत्र बता दीजिए?...? कौन से मंत्र बता दूँ तुझे? महाराज जी! ऐसा मंत्र बता दीजिए, जिससे बीमारी अच्छी हो जाये। बेटे, तू ...
- वह मकान जो बीस लाख रुपये में बेचा जायेगा और रुपया हमको दिया जायेगा, क्या यह आगे भी काम देगा?...? हर आदमी को शक हो गया था।
झूठी करेन्सी ने बिगाड़ी अर्थव्यवस्था
मित्रो! पैसा यूँ ...
- वह माँ-बाप से आता है?...? हम खुशबूदार परिवार बसाना चाहते हैं मित्रो, आज परिवार संस्था का नाश हो गया है। आज कहीं भी हमें परिवार...
- वह माता सावित्री है जो तलाश करती रहती है कि किसको वरण करूँ?...? किसके साथ चलूँ? किसका पल्ला भारी करूँ? किसके साथ रहूँ? उसको ऐसे आदमी की जरूरत है जो सत्यवान हो। सत्य...
- वह मानता ही नहीं था, बार-बार कहता था कि अपना दर्शन करा दीजिए, तो भगवान ने कहा—इन चमड़े की आँखों से मेरा दर्शन कहाँ से होता है?...? मैं तुझे ज्ञान के चक्षुओं से करा दूँगा, तो करा दीजिए और उन्होंने अपना विराट रूप दिखाया अर्थात मानव स...
- वह मानव जाति है और मानव जाति की सेवा मानव नहीं करेगा, तो आ करके कौन करेगा, आप लोग नहीं करेंगे, तो कौन करेगा?...? आपको करना चाहिए, यह बीड़ा आपको उठाना चाहिए, यह शपथ आपको लेनी चाहिए। यह संकल्प आपको करना चाहिए, जिसके...
- वह मूर्ति-पूजा की कैसे खिलाफत कर सकते थे?...? मूर्ति-पूजा का कोई खण्डन नहीं कर सकता। मूर्ति-पूजा दुनिया में रही है और रहेगी। लेकिन मूर्ति-पूजा के ...
- वह यह देखकर हैरान थे कि दिन भर तो ताला लगा रहता है और रात को ये वृद्ध कहाँ से आ जाते हैं?...? लेकिन वे लगातार आते रहे और 9-10 दिन के बाद एक रात जब उन्होंने पड़ोस वाले घर में ताला देखा तो उस घर मे...
- वह यह सोचता है कि हम अपनी औरत की साड़ी कैसे ला सकते हैं?...? घर की व्यवस्था कैसे ठीक कर सकते हैं? कहने का मतलब यह कि अब वह मैच्योर हो गया है। पहले वह आठ आने की र...
- वह यही सोचता रहेगा कि जब अच्छा समय आयेगा तब वह सब कुछ अपने आप ठीक हो जायेगा यदि अपने भाग्य में नहीं है, तो मेहनत करने पर भी क्यों मिलेगा?...? ऐसे भाग्यवादी व्यक्ति न अपने पुरुषार्थ पर विश्वास करते हैं और न पूरे उत्साह से किसी काम में लगते हैं...
- वह युवक कुछ न बोला, टालस्टाय बोले-दूसरा हाथ भी काटकर देदे तो बीस हजार, आँखें देदे तो चालीस हजार, पाँव भी देदे तो साथ हजार, जीभ, कान, नाक, के भी दस-दस हजार ले ले?...? युवक बोला-महात्मन् आप पागल हुये हैं रुपयों के लिये शरीर कटवा दूँ? टालस्टाय बोले-नहीं बेटा! में यह कब...
- वह रावण ने अपनी जबान और कुव्वत के द्वारा कैसे कमा ली?...? ये विधियाँ हम सीखकर तो आएँ। लक्ष्मण जी गए और वे सब बातें सुनकर के वापस आए। मित्रो! दुनिया की दौलत, स...
- वह वातावरण अयोध्या में कहाँ था?...? वहाँ तो राजपाट होता था, लड़ाई झगड़े होते थे, मुकदमे होते थे, दूसरी बातें होती थीं, पर वहाँ तप का वाताव...
- वह वातावरण अयोध्या में कहाँ था?...? वहाँ तो राजपाट होता था, लड़ाई-झगड़े होते थे, मुकदमे होते थे, दूसरी बातें होती थीं, पर वहाँ तप का वाताव...
- वह विचार करने लगा कि अब आत्म-रक्षा के लिए क्या उपाय करना चाहिए?...?
सोचते-सोचते राजा इस निर्णय पर पहुँचा कि मधुर व्यवहार से बढ़कर शत्रु को जीतने वाला और कोई हथियार इस प...
- वह व्यक्तिगत होता है न?...? अत: जो व्यक्तिगत हो गया, उसमें वह सुख कहाँ है, वह शान्ति कहाँ है? उसमें वह उपलब्धि कहाँ है? आध्यात्मि...
- वह शारीरिक दृष्टि से तगड़ा है, तो क्या और दुबला पतला है तो क्या?...? इससे कोई फरक नहीं पड़ता। बात आदर्शों और सिद्धान्तों को जीवन में समाविष्ट करने की है। आदमी की हिम्मत औ...
- वह समझ गया कि इसका मतलब क्या है?...? अर्जुन ने कहा-अच्छा, आपको मेरे जैसा बच्चा चाहिए पर आप जिस तरीके से चाहती हैं, उस तरीके से बच्चा न हु...
- वह समझता ही नहीं कि अपने बच्चों का भविष्य कैसे खराब करने जा रहा है?...? पागल आदमी दुनिया का सफाया करेगा और मार डालेगा। बेटे, औलाद पैदा करने की हवस अगर इसी प्रकार से जारी ...
- वह समझता है कि मनुष्य रूप में भगवान हमारे दरवाजे पर आये हैं, तो क्या हम भगवान को पानी नहीं पिलायेंगे?...? आपके दरवाजे पर शंकर जी आएँ और रामचंद्र जी आएँ और आपसे कहें कि भाई साहब! हम प्यासे हैं, पानी पिला दीज...
- वह समय कब आएगा?...? अभी तो मैं शरम के मारे मरी जाती हूँ। जहाँ लोग मुझसे पार्वती माँ कहते हैं और आपसे पिता कहते हैं। लेकि...
- वह समय की पुकार जो स्वतंत्रता आन्दोलन में थी, जिन्होंने कार्य किया था, उनको तो आज कितनी पेंशन मिल रही है?...? चार सौ तो प्रान्त की मिल रही है और छह सौ केन्द्र सरकार की मिल रही है, एक हजार मिल रही है और फर्स्ट क...
- वह सिद्धि कौन सी है?...? वह सिद्धि भगवान की सिद्धि है, तीसरी सिद्धि है। भगवान की सिद्धि किसे कहते हैं? जिसे हम दैवी अनुग्रह क...
- वह सिद्धि कौन-सी है?...? वह सिद्धि भगवान की सिद्धि है, तीसरी सिद्धि है। भगवान की सिद्धि किसे कहते हैं? जिसे हम दैवी अनुग्रह क...
- वह सिद्धि क्या हो सकती है?...? वह है-अल्पछन्दता। आप्तकाम-एक, अजातशत्रु-दो और अल्पछन्दता-तीन। अल्पछन्दता किसे कहते हैं? सम्पत्तियों ...
- वह सीख गया न?...? रास्ता खोज लिया न? उस पर जो मर्यादा लगी हुई थी कि झूठ नहीं बोलना चाहिए, आपने अपनी अकलमन्दी से उसे ख...
- वह सुना है न किस्सा आपने?...? मैं क्या सुनाऊँगा आपको?इसी तरीके से आम्रपाली का नाम सुना है न आपने? आम्रपाली एक वेश्या थी। वेश्या को...
- वह सोच लेगा कि न खाने से क्या आफत आ जाएगी?...? अच्छा साहब मरेंगे, पर गलत काम नहीं करेंगे। ऐसी क्रिया का नाम है, सफेद-स्वच्छ-निर्मल हँस। हँस उस व्यक...
- वह सोचता है कि अपने दिमाग के द्वारा हम इनका मजा कैसे उठा सकते हैं?...? मजा नहीं, इनका उपयोग कैसे हो सकता है? जब यह बात आपकी और हमारी समझ में आ जायेगी, तो मित्रो! शरीर के...
- वह स्वयं उनकी सेवा में पहुँच इसका कारण पूछने लगा कि स्वादिष्ट और बढ़िया भोजन छोड़कर आपने नीच लालू का रूखा भोजन क्यों पसन्द किया?...? नानक जी ने कहा कि तुम भी अपना भोजन ले आओ। जब भोजन आ गया तो नानक जी ने एक हाथ में लालू की सूखी रोटी औ...
- वह स्वर्ग की गंगा कौन सी थी?...? भाई साहब! वह दूध की गंगा है और यह पानी की गंगा है। पानी की गंगा अलग है और दूध की गंगा अलग है। दूध ...
- वह हँसने लगा और बोला—आपको मालूम नहीं है कि मैं कौन हूँ?...? आप कौन हैं? हम नाई हैं और वर्तमान राज परम्परा के हिसाब से अछूत राजगद्दी पर नहीं बैठ सकता। ये सारे राज...
- वह हँसा, उसने कहा-हमको अपने पेट का तो गुजारा करना ही मुश्किल पड़ता है फिर तुम्हारा गुजारा कैसे कर सकते हैं?...? उसने कहा-हम पेट पालने के लिए आपकी सहायता माँगने के लिए नहीं आए? आपकी सहायता करने के लिए आए हैं। हम ब...
- वह हँसा, उसने कहा—हमको अपने पेट का तो गुजारा करना ही मुश्किल पड़ता है फिर तुम्हारा गुजारा कैसे कर सकते हैं?...? उसने कहा हम पेट पालने के लिए आपकी सहायता माँगने के लिए नहीं आए? आपकी सहायता करने के लिए आए हैं। हमार...
- वह हम सबको पकड़ लेगी और रोयेगी, तो हम सब क्या करेंगे?...? सभी जुलाहे बैठकर रोने लगे कि हममें से एक मर गया। हममें से एक कहीं चला गया। अरे! उसे कोई भी ढूँढ़क...
- वह हमारे पास रहेगा कि नहीं?...? नहीं बेटे, जब तक तू हमारे कब्जे में है, तब तक तो रहेगा, उसके बाद वह नहीं रहेगा। जब तक हमारा असर रह...
- वह हवा को ठीक कर सकती है?...? दीपक में क्या ताकत हो सकती है? वह उजाला कर सकता है? नहीं, दीपक जीवात्मा में कोई बल नहीं दे सकता, क्य...
- वह है कहाँ?...? सब पलायन कर गई आपमें से। यहाँ मैं आपका समय तो ज्यादा नहीं लूँगी, पर मैं एक बात आपसे कह रही थी कि साह...
- वह हैरान हो कर कहने लगे ऐसा कैसे हो सकता है?...? इतने दिन से खून की उल्टी हो रही है और हीमोग्लोबिन नार्मल है? मुझे खून की उल्टियाँ बराबर हो रही थीं, ...
- वह हो गई उसके समर्पण से, पति के लिए वह समर्पित हो गई तो फिर क्या हो गया?...? स्वामिनी हो गई पत्नी। डॉक्टर की पत्नी डॉक्टरनी हो जाती है। क्या एम. बी. बी. एस. किया है आपने? नहीं ए...
- वहम तो नहीं था?...? शायद वहम था कहीं। दो कौड़ी का शक्की स्टूडेण्ट, जो एल.डी.सी. की नौकरी तलाशने आया था उसे रामकृष्ण परमहं...
- वहाँ आपसे एक ही सवाल पूछा जाना है कि आपको जो जिन्दगी मिली थी, उसका आपने क्या किया?...? इस जिन्दगी से आपको क्या करना था? जिन्दगी से आपको यह काम करना चाहिए था कि अपूर्णता को पूर्णता में प...
- वहाँ उनको ध्यान आया—सबसे बड़े देव कौन हैं?...? महादेव। नाम ही उनका महादेव है। महादेव—महा माने बड़ा और देव माने देवता अर्थात् सबसे बड़ा देवता—महादेव। ...
- वहाँ का पैसा देखा है आपने?...? आप 'फॉरेनर' को ध्यान से देखना, वे बिलकुल खाली और खोखले हो गए हैं।
मित्रो ! इस दुनिया में सबसे...
- वहाँ किन घटकों के साथ किस प्रभाव का मिश्रण होकर क्या प्रतिक्रिया उत्पन्न करता है?...? रसायन भी सूर्य किरणों का ही उत्पादन हैं।सृष्टि के आदि से लेकर अब तक धरती के वातावरण में प्राणियों, प...
- वहाँ के युवक भी किसी ऐसी युवती के लिए मिले विवाह प्रस्ताव पर विचार ही नहीं करते जिसने अपने दाँत न तोड़ लिए हों, वहाँ की सरकार ने इस प्रथा को रोकने के लिए कानून भी बनाया है, पर कानून से तो अपने यहाँ भी बाल विवाह निषिद्ध हैं इससे क्या बाल विवाह रुक गए?...? फिलीपीन्स में तो स्त्री और पुरुष दोनों के लिए ही दाँतों का प्राकृतिक रूप में होना कुरूप होना समझा जा...
- वहाँ कौन थे?...? फिर क्या हुआ?' आपके ऐसे प्रश्न बच्चे को दूसरे की बातों में दखल देने की प्रेरणा देते हैं।...
- वहाँ कौन सुनेगा तेरी?...? वहाँ तो इतना हल्ला मच रहा है कि नक्कारखाने में तेरी तूती की आवाज कोई नहीं सुनेगा। तो हम किससे प्रार्...
- वहाँ कौन है?...? तुरन्त जा और उसे लेकर आ। मर भी गई होगी तो भी तू उठा लाना, यहाँ हम उसे जिन्दा कर लेंगे। भास्कर को गाड़ी ...
- वहाँ क्या बात है?...? वहाँ ऑक्सीजन की मात्रा ज्यादा होती है और यहाँ ऑक्सीजन की मात्रा कम होती है। गीलापन ज्यादा होता है। त...
- वहाँ क्या हो रहा है?...? बेटे! सारे का सारा अमेरिका, जिसमें से अस्सी फीसदी नागरिकों की बात मैं कहता हूँ, टेंशन में बेतरह दुखी...
- वहाँ क्या हो रहा है?...? बेटे! सारे का सारा अमेरिका, जिसमें से अस्सी फीसदी नागरिकों की बात में कहता हूँ टेंशन में बेतरह दुखी ...
- वहाँ क्या हो रहा है?...? चण्डी का पाठ हो रहा है? दुर्गा का पाठ हो रहा है—दुर्गा का पाठ। मित्रो! पण्डितों की इस वक्त पाँचों उँ...
- वहाँ क्या-क्या सुविधाएँ थीं-आप बता सकते हैं?...? नहीं, कोई सुविधा नहीं थी। इनसान को विकसित करने के लिए भावना की जरूरत है। शरीर को पोषण देने, सुन्दर ब...
- वहाँ गोरे जंगलियों में क्या करेंगे?...? अफ्रीकन भाषा और नीग्रो लोग हैं। हम नहीं रहेंगे वहाँ। हम फैमिली यहीं लायेंगे। बच्चे यही पढ़ायेंगे। बच्...
- वहाँ जाकर आप क्या काम करेंगे?...? बहिरंग रूप से हमने आपको बहुत सारे काम सौंपे हैं। उन बहिरंग कार्यों में आपको कितनी सफलता मिली और कि...
- वहाँ जाकर पहुँचे तो पहले तो वे समझ रहे थे कि इतनी भीड़ क्यों है कि जो मालाएँ लिए खड़े हैं, कोई मिनिस्टर होगा, जैसे ही वे रेल के डिब्बे से निकले, उसने कहा कि इनके लिए इतनी जनता, इनमें इतनी विशेषता क्या है?...? आपस में कानाफूसी कर रहे थे उनमें से सज्जन हमारे थे, परिजन थे, उन्होंने कहा कि इनमें वो विशेषता है यद...
- वहाँ जाने काफी मिलती होगी कि नहीं?...? आमलेट मिलती होगी की नहीं? अगर ये चीजें नहीं मिलती होंगी, तो बताइये हम क्या करेंगे? बियर पीने को न मि...
- वहाँ जाने के बाद लोग अपने कलुष और कषायों को धो करके, पुनीत और पवित्र होकर कैसे निकलते होंगे?...? गंगा के बारे में तो मुझे ज्यादा मालूम नहीं है कि उसके पानी में नहाने के बाद में आप पुनीत और पवित्र ह...
- वहाँ जो आदमी छोटे से खानदान में थे, उन्होंने कहा कि हम अपने नमूने पेश करेंगे लोगों के सामने कि दैवी सभ्यता कैसी हो सकती है और हम इस सभ्यता का विकास क्यों करना चाहते हैं?...? दैवी सभ्यता के पीछे क्या परिणाम निकल सकते हैं? ये साबित करने के लिए दशरथ के कुटुम्ब ने, परिवार ने उसी...
- वहाँ जो देखने को इन दिनों भी मिलता है, उससे यह पता लगता है कि भारत किन मान्यताओं और आदर्शों के कारण उन्नति के उच्च स्तर पर पहुँचा था और शान्ति का सन्देश सुदूर क्षेत्रों में पहुँचाने में किन परम्पराओं के कारण सफल हुआ?...? आज कई बातों में थाईलैंड इसे ऐसी शिक्षाएँ और प्रेरणाएँ दे सकता है, जिन्हें अपना कर हम प्रस्तुत दुर्गत...
- वहाँ तो गायत्री काम नहीं कर सकती?...? गायत्री कमाल करती हैं और वहाँ भी उतना ही काम करती हैं, जितना यहाँ और जो प्रोननसिएशन गलत था, सो। हाँ,...
- वहाँ तो न जाने हम क्या कर सकते हैं?...? हम क्या नहीं कर सकते।
अभी बिहार में जो गवर्नमेण्ट आई है, उसने कहा है कि हम आपके यहाँ नैतिक शिक्षण ...
- वहाँ पता नहीं क्या खूबी है?...? वहाँ जाकर के स्त्री-पुरुष यों कहते हैं—"नन्दलाल"। "नन्द जी का लाला सोवे कि जागे"। तो पीछे से वो 'जाग...
- वहाँ पर आप जाकर के अपने-आपको देखिये, आपकी शक्ल कैसी है और चेहरा कैसा है?...? इसके लिए मुर्दे की खोपड़ी को देखा कीजिए, जिसको आप हर बार क्रीम लगाते हैं, पाउडर लगाते हैं और जिसकी शक...
- वहाँ पर गवर्नमेण्ट क्यों भेजने लगी?...? क्यों स्कूल खोलने लगी? अब तो हम स्वयं अपने बलबूते पर जाकर के वहाँ काम करेंगे, जहाँ कोई नहीं कर सकता।...
- वहाँ पर जीवन खाने-पीने जैसे सुविधा-साधनों का लाभ कैसे उठा सकेगा?...? इसी प्रकार यदि सब झंझटों से छुटकारा पाना, सब लाभों से वंचित हो जाना ही मुक्ति हो तो सामाजिक प्रकृति ...
- वहाँ पहलवानों की तस्वीरें देखकर पूछा—पिताजी क्या मैं भी पहलवान बन सकता हूँ?...? पिता ने कहा—हाँ! ये सुनकर जिज्ञासा भरे स्वर में सैण्डो ने कहा—पिताजी बताइये हमको पहलवान बनने, मजबूत ...
- वहाँ बारह रुपये में क्या बात है और यहाँ सवा दो रुपये में क्या बात है?...? अरे साहब! वहाँ सब आदमी देखेंगे, तो कहेंगे कि कोई साहब बैठा हुआ है। कोई बड़ा आदमी बैठा हुआ है और यहाँ...
- वहाँ भी, हमारी गवाहियाँ सुरक्षित हैं ताकि कोई आदमी यह न कहे कि पाँच आदमियों की गृहस्थी दो सौ रुपए में नहीं चल सकती?...? जरूर चल सकती है। पैसे का संयम कीजिए। पैसे का संयम करेंगे तो बुरे कामों से बच जाएँगे। नशाखोरी से बच ज...
- वहाँ मैं क्या काम करता हूँ?...? तप करता हूँ। कौन सा तप करता हूँ। कैसे करता हूँ? ऐसा खाद्य लेता हूँ जिसमें किसी व्यक्ति का संस्कार नह...
- वहाँ रात के अँधियारे में बत्ती तो जलती होगी?...? नहीं साहब! बिजली नहीं जलती, घोर अँधेरा छाया रहता है। सुनसान जंगल के अँधेरे में ठोकर भी लग सकती है। ल...
- वहाँ लोग पूजा करते थे?...? पूजा ‘भी’ करते थे, पूजा ही नहीं करते थे। आज की खराबी यह है कि हमारे मन्दिरों में अब केवल पूजा ही होत...
- वहाँ २००० मील दूर क्या करोगे?...? बच्चे का मुण्डन कराने ले जाएँगे। फिर क्या हो जाएगा? देवी को बालों को चढ़ा देंगे। क्या करेगी देवी? बाल...
- वही "ह्रीं श्रीं क्लीं चामुण्डयै बिच्चैः" बेटे, इससे तो बहुत रुपया आया होगा?...? हाँ गुरुजी ! हमने जप किया था। अच्छा तो अभी और झक मार और 'चामुण्डयै बिच्चैः' जपता रह। दुष्ट लूट का मा...
- वही अपनी सम्पत्ति हो जाती है, लेकिन यह भी सच कहाँ है?...? जिस जमीन पर हम बैठे हुए हैं, वह किसकी है? हमारी है। नहीं बेटे! यह हमारी नहीं है, यह ब्रह्माजी ने बना...
- वही अपनी सम्पत्ति हो जाती है, लेकिन यह भी सच कहाँ है?...? जिस जमीन पर हम बैठे हुए हैं, वह किसकी है? हमारी है। नहीं बेटे! यह हमारी नहीं है, यह ब्रह्माजी ने बना...
- वही अब बन रही है, बनाई जा रही है, परन्तु इस बारे में हमें यह ध्यान रखना चाहिए कि हम जिस युग परिवर्तन की बात कर रहे हैं, जिस समाज को बदलने की प्रतिज्ञा लेकर चले हैं, हम जिस नए समाज के निर्माण की बात करते हैं, उस सन्दर्भ में हमें विचार करना होगा कि युग निर्माण क्या है?...? मित्रो! युग निर्माण का अर्थ होता है-नए समाज का निर्माण करना। समाज क्या है? समाज व्यक्तियों का समूह...
- वही भीड़ फिर हमारे पीछे लगी चली आई है और यहाँ से चले जाएँ तो?...? तो फिर यह पीछे चली जाएगी। जहाँ कहीं हम जाएँगे, वहीं चली जाएगी। क्यों चली जाएगी? क्योंकि हमारा मन और ...
- वही लड़कियाँ यहाँ बैठी रहेंगी, तो नयी कहाँ से आयेंगी?...? हमारे पास इतनी जगह कहाँ हैं? इसलिए हम उनको विदा कर देते हैं।मित्रो! जब उनकी विदाई होती है, तो उनकी...
- वही लड़की क्यों कर लेगी?...? इतने आदमी बैठे हुए हैं, उनसे आप क्यों नहीं कहते? शील और मर्यादा बनी रहे गुरुजी! आप तो लड़कियों को ब...
- वहीं आसपास जो ग्रामीण टहल रहे थे, उन्हें बुलाकर पूछा, ‘‘इस गाँव में कोई वृद्ध बीमार है?...? ’’
‘‘हाँ, ऐसे तो कई लोग हैं।’’ ग्रामीणों ने जवाब दिया। पूज्यवर ने कहा, ‘‘उन्हें मेरे पास ले आओ।’’
...
- वहीं तो रहते हैं कैलाश पहाड़ पर और कहाँ रहते हैं?...? पहाड़ पर रहते हैं। मैं कई सन्त-महात्माओं के साथ चला गया। बड़ा कठिन रास्ता था। अभी भी बड़ा मुश्किल भरा रा...
- वाणी का आशीर्वाद काम का हो सकता है?...? हाँ बेटे! वाणी का दिया हुआ आशीर्वाद काम का हो सकता है। वाणी से दिया हुआ शाप भी काम का हो सकता है। वा...
- वाणी के द्वारा?...? वाणी के द्वारा सम्भव रहा होता, तो बेटे रेडियो स्टेशन जिनके पास हैं, उनको वाणी के द्वारा व्याख्यान करन...
- वाणी के द्वारा?...? वाणी के द्वारा सम्भव रहा होता तो बेटे रेडियो स्टेशन जिनके पास हैं, उनको वाणी के द्वारा व्याख्यान करने...
- वाणी क्या है?...? वाणी सरस्वती है। बाकी देवी-देवता कहाँ रहते हैं, यह मैं फिर कभी बताऊँगा, आज तो मैं आपको यह बताता हूँ ...
- वाणी जो हमारी है इससे हम उच्चारण करते हैं तो समझ- सोंचकर उच्चारण नहीं करते कि हमको क्या कहना है?...? किससे क्या बात करनी चाहिए? किससे नहीं करनी चाहिए? जो हम कह रहे हैं, वह दूसरे के लिए फायदेमंद है या न...
- वाणी पर संयम — वाणी पर अगर आपका संयम नहीं है, चाहे जिससे चाहे जैसे शब्द बोलते हैं, कड़ुवे बोलते हैं, क्या बोलते हैं, क्या नहीं बोलते हैं — इसका परिणाम क्या होगा?...? इसका परिणाम बहुत खराब होगा।
इसका परिणाम कभी अच्छा नहीं हो सकता। वशीकरण एक मंत्र है — तज दे वचन कठो...
- वाणी पर संयम, वाणी पर अगर आपका संयम नहीं है, चाहे जिससे, चाहे जैसे शब्द बोलते हैं, कड़ुए बोलते हैं—इसका परिणाम क्या हुआ?...? इसका परिणाम कभी अच्छा नहीं हो सकता। ‘‘वशीकरण इक मंत्र है, तज दे वचन कठोर।’’ कौआ अपने कड़ुवे वचन से स...
- वाणी भी क्या नहीं कर सकती है?...? यह पैसे से भी ज्यादा लाभदायक होती है। ऋषियों के पास वाणी थी। ज्ञान भी हो सकता है, तप भी हो सकता है...
- वाणी से असंस्कृत वार्तालाप तो नहीं होता?...? कामुकता की प्रवृत्ति कहीं कुदृष्टि से तो नहीं उभर रही? असंयम से शरीर और मस्तिष्क खोखला तो नहीं हो रह...
- वाणी से खराब शब्द कैसे बोलेंगे?...? मित्रो! हमारे ये तीनों तरह के मौन चलते रहते हैं। कौन-कौन से? खानेवाला, बोलने वाला, वाणी को चुप रखने ...
- वातावरण आपके अनुकूल बने कोई गारण्टी है?...? परिस्थितियाँ आपके अनुकूल बन जाएँ कोई गारण्टी है? फिर, आपकी मनोकामनाएँ पूरी हो जाएँ कोई जरूरी है? मनो...
- वातावरण ऐसा बन गया था कि कब क्या हो जाय?...? अतः पुलिस भी पूरी तरह चौकन्ना थी। किसी भी अप्रत्याशित घटना से निपटने के लिये वहाँ पुलिस छावनी बन गई ...
- वातावरण का मुकाबला कैसे किया जाए?...? तो रामचन्द्र जी ने दस अश्वमेध यज्ञ किये थे। दशाश्वमेध घाट, कभी आप बनारस जाएँ तो वहाँ देखें कि वहाँ घ...
- वातावरण को अनुकूल बनाने के लिए आध्यात्मिक प्रयासों का क्या महत्त्व हो सकता है?...? इसे अगले किसी व्याख्यान में बताऊँगा। अभी तो वातावरण को कैसे अनुकूल किया जाता है और जरूरत क्यों पड़ती ...
- वातावरण में कितना मिल गया है जहर?...? हवा में, पानी में कितना जहर मिल गया है। हर जगह जहर ही जहर है। इस जहर का समाधान करने के लिए या तो यज्...
- वानप्रस्थी बन करके आप समाज में जाना, लोगों के पास जाना और उन्हें उनके कर्तव्यों को सिखाना, फर्जों को सिखाना, लोगों को उनके नागरिक अधिकार समझाना और यह बताना कि भला आदमी शरीफ आदमी कैसा होना चाहिए?...? प्रत्येक आदमी को अपनी राष्ट्रीय जिम्मेदारियों के प्रति कैसे रहना चाहिए? अच्छा समाज बनाने के लिए गु...
- वानप्रस्थी बन करके आप समाज में जाना, लोगों के पास जाना और उन्हें उनके कर्तव्यों को सिखाना, फर्जों को सिखाना, लोगों को उनके नागरिक अधिकार समझाना और यह बताना कि भला आदमी शरीफ आदमी कैसा होना चाहिए?...? प्रत्येक आदमी को अपनी राष्ट्रीय जिम्मेदारियों के प्रति कैसे रहना चाहिए? अच्छा समाज बनाने के लिए गुण्...
- वानर और रीछ किससे प्रेरित हुए?...? अयोध्या वालों से प्रेरित हुए। उनसे प्रेरित होकर उन्होंने कहा कि देव सेना में हम भी भरती होते हैं और ...
- वानर और रीछ किससे प्रेरित हुए?...? अयोध्या वालों से प्रेरित हुए। उनसे प्रेरित होकर उन्होंने कहा कि देवसेना में हम भी भरती होते हैं और द...
- वानरों ने, रीछों ने ये कहा, अगर मनुष्य दैवीय सभ्यता 'को जीवन में ढाल सकते हैं, तो हमको भी ऐसा जीवन ढालने में क्या आपत्ति हो सकती है और हम भी ऐसा जीवन ढालने में क्यों पीछे रहेंगे?...? रीछ-वानर अपनी जान हथेली पर रखकर तैयार हो गए।दैवीय सक्रियता क्या होती है? क्या वह मिठाई खाती है, महल ...
- वानरों ने, रीछों ने ये कहा, अगर मनुष्य दैवीय सभ्यता को जीवन में ढाल सकते हैं, तो हमको भी ऐसा जीवन ढालने में क्या आपत्ति हो सकती है और हम भी ऐसा जीवन ढालने में क्यों पीछे रहेंगे?...? रीछ-वानर अपनी जान हथेली पर रखकर तैयार हो गए।देवता कौन?दैवीय सभ्यता क्या होती है? क्या वह मिठाई खाती ...
- वायु न हो तो आकाश का उपयोग क्या रहेगा?...? इसी प्रकार आदित्य की निर्भरता द्युलोक पर है।
मन्त्र बड़ा है, उसमें कितने ही युग्मों का उदाहरण देक...
- वायुभूत होने के बाद क्या होता है?...? इसमें सब आदमी हिस्सेदार हो जाते हैं। हरेक आदमी हिस्सेदार हो जाता है। इन चीजों को जब हम हवन द्वारा हव...
- वाल्मिकी के पास क्या था?...? पहले क्या था और पीछे क्या था। पहले जो था उससे कुछ कमी हो गई होगी। पहले जिस घर में रहता होगा, जब वाल्...
- वाल्मीकि ऋषि थे कि नहीं थे?...? वाल्मीकि ऋषि थे, जिनके यहाँ सीता को रक्खा गया था। तो उदाहरणों के माध्यम से यह बात भलीभाँति समझी जा स...
- वाल्मीकि के बारे में नहीं सुना है?...? सीता को छोड़ा गया उन्हीं के आश्रम में। आखिर पहला जीवन उनका कैसा था और जब वे राम से जुड़ गए, तो वही ज...
- वाल्मीकि के बारे में नहीं सुना है?...? सीता को छोड़ा गया उन्हीं के आश्रम में। आखिर पहला जीवन उनका कैसा था। और जब वे राम से जुड़ गए तो वही ज...
- वाल्मीकि ने अपनी पत्नी से कहा—सारी जिन्दगी मैंने आपके लिए लगा दी, क्या मेरे पापकर्म में आप साथी होंगी?...? पत्नी ने कहा—हमें नहीं मालूम आपने क्या किया है। आप पाप कमाते हैं या पुण्य कमाते हैं। आप हमारी उदरपूर...
- वाल्मीकि ने अपनी पत्नी से कहा—सारी जिन्दगी मैंने आपके लिए लगा दी, क्या मेरे पापकर्म में आप साथी होंगी?...? पत्नी ने कहा—हमें नहीं मालूम आपने क्या किया है? आप पाप कमाते हैं या पुण्य कमाते हैं। आप हमारी उदरपूर...
- वाल्मीकि ने भी तो यही किया था?...? हाँ साहब! किया था। और किसने-किसने किया था? जहाँ तक मैंने जिन-जिन लोगों के नाम सुने हैं, उनमें से प्र...
- वाल्मीकि ने भी तो यही किया था?...? हाँ साहब! किया था। और किस-किस ने किया था? जहाँ तक मैंने जिन-जिन लोगों के नाम सुने हैं, उनमें से प्रत...
- वासना और तृष्णा की पूर्ति में कौन व्याकुल नहीं हैं?...? पेट और प्रजनन के लिए किसका चिन्तन नियोजित नहीं है। अपने परिवार को हमने बड़े आदमियों का समूह बनाने की ...
- वासना किसे कहते हैं?...? तृष्णा किसे कहते हैं? उन्होंने अपना व्यक्तित्व और चरित्र उच्चकोटि का बनाकर रखा था। उसी के फलस्वरूप उ...
- वासना, तृष्णा और अहंता के अतिरिक्त जब और कुछ सूझ ही न पड़े—लिप्सा, लालसा और तृष्णा की ललक जब गहरी खुमारी के रूप में चढ़ी हुई हो, तो विद्या के—ब्रह्म विद्या के—आत्म ज्ञान के स्वर्गीय दृष्टिकोण एवं जीवन-मुक्ति जैसे उच्च स्तर के सम्बन्ध में कोई सुने-समझे भी क्यों?...? उस दिशा में कुछ करने एवं नियम बनाने की बात तो बहुत पीछे आती है।जो हो, आज का गुजारा भले ही इस सड़ी की...
- वासनाएँ क्या हो सकती हैं?...? मित्रो! वासनाएँ कुछ भी नहीं हैं एक क्षण की, सेकण्डों की चीजें हैं, जो झकझोर देती हैं। एक चीज जो अभी ...
- वासुदेव का व्यक्तित्व और असाधारण योजना नीति महाभारत जैसी विशाल योजना पूरी करके दिखा दे, इस पर सामान्य बुद्धि तो अविश्वास ही करती रहेगी?...? समाधान उन्हीं का हो सकेगा, जो दैवी शक्ति की महान् महत्ता पर विश्वास कर सकें। बुद्ध जैसे गृहत्यागी, व...
- वास्तव में कानून बनाकर तथा पुलिस की संख्या बढ़ाकर अपराध को क्या घटाया जा सकता है?...? मित्रो, यह कदापि कम नहीं किया जा सकता है, चाहे हम कितनी भी पुलिस या मिलिट्री लगा लें। वकील, पुलि...
- वास्तव में इस दुनिया में सुख है ही नहीं तो फिर आपको सुख कहाँ से मिलेगा?...? मैंने एक दिन आपको बताया था कि इंतजार करने में जो खुजली सी मचती है, बस, उसी का नाम सुख है। जिस समय वे...
- वास्तव में क्या किया जाना चाहिए?...? (४) सद्बुद्धि के संस्थापन हेतु क्या किया जाना चाहिए? (५) ‘ज्ञानयज्ञ’ अभियान से क्या समझते हो।...
- वास्तव में दरिद्र कौन है और दरिद्रता कहाँ रहती है?...? दरिद्रता बेटे हमारे दिमाग में रहती है। दरिद्रता किसे कहते हैं? जिसमें हमें काम करने से नफरत है। हर...
- वास्तविक अध्यात्म फिर क्या है?...?
मित्रो! आध्यात्मिकता का उद्देश्य था, आदमी उठा देना, चिन्तन को सही कर देना, आदमी के दृष्टिकोण क...
- वास्तविक चमत्कार तो यह है कि आदमी के हृदय में भगवान् पैदा किया जा सकता है या नहीं?...? जो आदमी पापी और पतित की जिन्दगी जी रहा है, भीरु और परावलम्बी जिन्दगी जी रहा है, यदि वह अब स्वावलम्बी ...
- वास्तविकता के फायदे बताने के बाद मैं आपको आध्यात्मिकता के तरीके बताना चाहूँगा कि आपको क्या करना चाहिए?...? वास्तविकता के फायदे जानने के बाद यदि आपको काफी मालूम पड़ते हों, तो आप अध्यात्म के नजदीक आइए और अगर ये...
- वास्तविकता को समझने की कोशिश कीजिए कि मूर्ति-पूजा क्यों बनाई गई थी और किसके लिए बनाई गई थी?...? एक दिन हमने आपसे एक बात कही थी कि गायत्री माँ, जो हमारी भारतीय संस्कृति की जीवात्मा है, जो हमारा प्र...
- वास्तविकता क्या है?...? देववाद का रहस्य समझिए मित्रो! वास्तविकता वह है जो देववाद के पीछे रहस्य छिपा हुआ है। देववाद के पीछे ...
- वास्तविकता यह जाननी चाहिए कि यह जहर किसने बोया?...? यह जहर उस आदमी ने बोया, जिसको हम समझदार कहते हैं और अकलमंद कहते हैं, मोहम्मद अली जिन्ना कहते है...
- वास्तविकता यह जाननी चाहिए कि यह जहर किसने बोया?...? यह जहर उस आदमी ने बोया, जिसको हम समझदार कहते हैं और अकलमन्द कहते हैं मोहम्मद अली जिन्ना कहते हैं। य...
- वाहवाही के लोभी किस प्रकार के ढोंग रचते हैं?...? ८. बुद्धि व्यभिचारिणी कैसे हो जाती है? ९. आनन्द किस में है? १०. यशस्वी बनने का सच्चा उपाय कौन सा है?...
- वाहियात जीवन होने की वजह से कोई किसी ने सुना उनकी बात?...? किसी ने उनकी बात सुनी नहीं। किसी ने उनकी बात नहीं सुनी। और किसी का कल्याण हुआ? किसी का कल्याण नहीं ह...
- विकास का लक्ष्य रखने वाले द्वारा अपनाई गई यह विनाश लीला क्यों है?...? जब उगाना ही अभीष्ट है तो उखाड़ने का क्या काम? सरकार के द्वारा शिक्षा, स्वास्थ्य, परिवहन, उत्पादन, सि...
- विकास की जो योजनाएँ क्रियान्वित की जाती हैं, उनका परिपालन होता है या नहीं?...? उनका लाभ नागरिकों को मिलता है या नहीं?
वे एक गाँव से गुजर रहे थे। छद्म वेश में थे, इसलिए कोई पहचान न...
- विकिरण फैलने पर उसकी परिणति समस्त क्षेत्र को ही सहनी पड़ती है, भले ही उसमें मित्र-समुदाय ही क्यों न रहता हो?...? समस्त विश्व के प्रत्येक घटक को अपनी विभीषिका-परिधि में चपेटे हुए इस अणु युद्ध की सम्भावना को आज की म...
- विकृतियाँ कहाँ से पैदा होती हैं?...? हमारे शरीर के बाद दूसरी चीज है-हमारा दिमाग, जो बीमारियों से घिरा हुआ है। हमारा एक और दूसरा शरीर भी...
- विचार करता रहा, कौन?...? शंकराचार्य।शंकराचार्य ने फैसला कर लिया कि मम्मी का कहना नहीं मानना है। एक दिन वह पानी में घुस गया और...
- विचार करने का क्रम आदमी का किसका कैसा है?...? बस असल में वही उसका स्वरूप है। छोटा आदमी लम्बाई-चौड़ाई के हिसाब से नहीं होता है।...
- विचार करने के तरीके हमको आये होते कि विचार कैसे करना चाहिए?...? समस्याओं के बारे में समाधान करने का दृष्टिकोण क्या होना चाहिए? आपने हजामत बनाने वाले की दुकान पर क...
- विचार करने लगा कि मैं क्या करूँ?...? इस बच्ची को कैसे छुड़ा हूँ? इस बच्ची की सहायता कैसे करूँ? यह सोचकर जटायु तड़प उठा। उसने कहा—मैं शायद...
- विचार करने लगे कि अब किधर चलें?...? खाना न मिले तो कोई हर्ज नहीं, पर पानी तो मिलना ही चाहिए। पानी की तलाश करते करते एक ऐसी जगह पहुँच गए,...
- विचार करने लगे कि अब किधर चलें?...? खाना न मिले तो कोई हर्ज नहीं, पर पानी तो मिलना ही चाहिए। पानी की तलाश करते-करते एक ऐसी जगह पहुँच गए ...
- विचार करने से क्या फायदा?...? ये फायदा है कि गलतियाँ समझ में आयेंगी तो सुधार की भी गुंजाइश रहेगी। गलतियाँ समझ में नहीं आयेंगी तो आ...
- विचार कीजिए कि इसका कारण क्या है?...? जो आदमी सबको कुरूप और गन्दा लगता है, वह एक स्त्री को इतना प्रिय क्यों लगता है? इसका कारण है-प्रेम।...
- विचार कीजिए, बीस लाख रुपया किसे कहते हैं?...? बीस लाख देना पड़ा, तो आपको मुश्किल हो जायेगी, मैंने सहानुभूति प्रकट की।फिर मैंने कहा कि अच्छा एक बा...
- विचार क्या करना है?...? ये है शंकर का मॉडल, जिसे हमने अपना इष्ट बनाया है। मित्रो! बाकी देवताओं के बारे में मैं आ...
- विचार शील बातों में कोई आदमी कहाँ पैसा खर्च कर सकता है?...? ठगिए आप लोग, जेबें काट लीजिए, बेवकूफों की कमी है क्या, कहीं कमी नहीं है। मालदार, मालदार उससे भी ज्या...
- विचार ही हैं आदमी के पीछे और है क्या?...? नहीं तो माँस और हड्डियाँ हैं। उसके भीतर जो प्राण कर्म करता है, विचार कार्य करते हैं। विचारों का विस्...
- विचार ही हैं आदमी के पीछे और है क्या?...? नहीं तो माँस और हड्डियाँ हैं। उसके भीतर जो प्राण-कर्म करता है, विचार कार्य करते हैं। विचारों का विस्...
- विचारक्रान्ति के लिए हमने आपसे नहीं कहा है?...? हमने सारे जिन्दगी भर कहा है। एक बात कही है और दूसरी कुछ बात कही नहीं है।
कोई और बात कहिए हमसे। ...
- विचारणा में ताकत होती है, इसका इतिहास आपने पढ़ा नहीं?...? विचारणा में, भावना में ताकत का उदाहरण कल मैं सुना चुका हूँ, पर अभी और सुना देता हूँ। हाँ साहब! सुन...
- विचारणा, श्रद्धा, सद्भावना, आदर्श तथा दैत्य कौन?...? दैत्य कहते हैं ‘जाइंट’ को, शक्तियों को। दोनों ने परस्पर लड़ाई-झगड़ा करने की अपेक्षा समुद्र मथना आरम्भ ...
- विचारणाएँ क्या हैं?...? प्रत्येक कर्मकाण्ड हमको कुछ शिक्षा देता है, कुछ नसीहत देता है, कुछ उम्मीदें कराता है।...
- विचारणाएँ क्या हैं?...? प्रत्येक कर्मकाण्ड हमको कुछ शिक्षा देता है, कुछ नसीहत देता है, कुछ उम्मीदें कराता है।...
- विचारणाओं, भाव- सम्वेदनाओं में क्या कोई ताकत होती है?...? हाँ विचारणा में ताकत होती है। विचारणा में ताकत होती है, इसका इतिहास आपने पढ़ा नहीं? विचारणा में, भा...
- विचारणीय है कि उतनी बड़ी व्यवस्था कैसे बने?...? आरम्भिक दृष्टि से यह कार्य लगभग असम्भव जैसा लगता है, पर संसार में ऐसे लोग भी हुए हैं, जिसने असम्भव क...
- विचारशील बातों में कोई आदमी कहाँ पैसा खर्च करता है?...? गरीबों को चाहें तो आप बहका दीजिए, मालदार को बहकाने के तरीके अलग हैं। उन तरीकों को अख्तियार कर लीजिए,...
- विचारा जाय कि चौरासी चक्र से छूटने के, पूर्णता तक पहुँचने के, ईश्वर के साथ अनन्य होने के इस स्वर्ण सुयोग को आगे भी इसी तरह नष्ट करते रहना उचित है जैसा कि अब तक किया जाता रहा?...? लोग क्या कहते और क्या करते हैं इसे देखने, सुनने और उन्हीं का अनुकरण करने से तो एक के पीछे एक-एक करके...
- विचारों की क्रान्ति आपको नहीं मालूम है?...? आपको नहीं मालूम है, तो मैं समझा देती हूँ।
विचारों की क्रान्ति वह है कि जहाँ कहीं भी हम जा रहे हैं, ...
- विचारों की क्रान्ति कैसी है?...? विचारों की क्रान्ति आपको नहीं मालूम है? आपको नहीं मालूम है, तो मैं समझा देती हूँ।
विचारों की क्रान्...
- विचारों के उत्पादन का स्रोत क्या है?...? (९) विचारों की भूल का प्रायश्चित परिमार्जन कैसे किया जाये। कथाएँ —— (१) एक तहसीलदार देखने में तो बद...
- विचारों को बन्द कर दीजिए?...? नहीं, विचार बन्द नहीं हो सकते। विचारों को दिशा दीजिए, धारा दीजिए। बस, यही ध्यान है।
सोऽहम्, ए...
- विजय किसकी हुई?...? ईमानदारी की विजय हुई। सन्तोष कहाँ प्राप्त हुआ? ईमानदारी में हुआ।
शान्ति कहाँ मिली? ईमानदारी में ...
- विज्ञ पाठकगण यदि ध्यान देंगे, तो उन्हें अनुभव होगा कि प्रस्तुत लेखन चेतना के किस स्तर से उतर कर आया है?...? उन्होंने स्वयं अपनी कलम से अखण्ड ज्योति पत्रिका के जून 1984 से जून 1986 तक के अंकों में अपनी इस साधन...
- विज्ञान का भाग क्या है?...? विज्ञान का बेटे! भाग है शब्दों की शक्ति। शब्द भी है, शक्ति भी है। जिस तरीके से बहुत सारी शक्तियाँ हो...
- विज्ञान की प्रगति को आप देख नहीं रहे क्या?...? ऐसी-ऐसी चीजें बनती हुई चली जा रही हैं। एक किरण-एक्स रे के तरीके से, एक्स-रे की किरण फेंकी जाती है। क...
- विज्ञान की प्रगति को क्या आप देख नहीं रहे हैं?...? ऐसी-ऐसी चीजें बनती हुई चली जा रही हैं। एक्स-किरणें, एटम बम जैसी चीजें पुरानी हो गई, दकियानूसी हो गई ...
- विज्ञान को बना देने के बाद में ज्ञान-विज्ञान का क्या उपयोग होना चाहिए?...? अगर गलत उपयोग होने लगा, तब? गलत उपयोग होने लगा तो मुसीबत आ जाएगी। आग का गलत उपयोग होने लगे तब? तब तो...
- विज्ञान ने आदमी के जीवन को कितना परिवर्तन और सुविधाओं से युक्त, कितना सम्पन्न बना दिया है?...? यह विज्ञान आदमी का बहुत कुछ कर सकता है, विनाश भी कर सकता है। यह क्या नहीं कर सकता? अखण्ड-ज्योति में ...
- विज्ञान ने जब मनुष्य को एक पेड़ पौधा मात्र बनाकर रख दिया और उसके भीतर किसी आत्मा को मानने से इनकार कर दिया, ईश्वर के अस्तित्व को अस्वीकृत किया, इस सृष्टि को सब कुछ अणुओं की स्वाभाविक गतिविधि के आधार पर स्वसंचालित बताया, तो स्वभावतः विज्ञान को प्रत्यक्ष प्रमाणों के आधार पर अति प्रामाणिक मानने वाली बुद्धिवादी नई पीढ़ी उसी मान्यता को शिरोधार्य क्यों न करेगी?...? प्रत्यक्ष है कि विचारशील वर्ग अनास्थावान् होता चला जा रहा है और यह एक भयानक परिस्थिति है, क्योंकि बु...
- विज्ञान है न, अकल है न?...? बेटे! यह किस काम की। किसी काम की नहीं है यह अकल। अब हम आपसे क्या कहें इस अकल के बारे में; लेकिन यदि ...
- विज्ञान-पक्ष क्या है?...? हमारे पास एक ऐसी मशीन है और एक ऐसी लेबोरेट्री है, एक ऐसी प्रयोगशाला है और एक ऐसा कम्प्यूटर है, जिसके...
- विटामिन बी-काम्प्लेक्स खाते थे?...? फिर क्या करते थे? तपस्वी थे। उनकी यह तपस्या की शक्ति थी। तप की शक्ति से बेटे, विश्वामित्र ने नई सृ...
- विटामिन जी कांपलेक्स क्या है?...? यह कुछ भी नहीं है, गेहूँ का छिलका है। छिलकों को पानी में भिगोकर जो मसाला निकल जाता है, उसी को बना ले...
- विटामिन बी कांप्लेक्स क्या है?...? यह कुछ भी नहीं है, गेहूँ का छिलका है। छिलकों को पानी में भिगोकर जो मसाला निकल जाता है, उसी को बना ले...
- विदाई का समय आ गया, कोई अच्छी विधि सिखा दीजिए?...? क्या विधि सिखा दें? आचार्य जी! ऐसी कोई विधि आप सिखा दीजिए। इस विधि की कोई वजह? आपने जो फायदा उठाया, ...
- विदाई में और तो हम क्या कहें?...? आप बहुत प्यारे बच्चे हैं, आपको हम शरीरों से विदाई दे रहे हैं, मन से नहीं। बेटे! मन से बालक कहाँ जाएग...
- विद्या का मतलब यह है कि आप अपने विचारों का इस्तेमाल किस तरीके से करें?...? आप अपने शरीर का इस्तेमाल किस तरीके से करें? परिस्थितियों का उपयोग किस तरीके से करें? अपने पास जो सा...
- विद्या की कमी को आप पूरा नहीं करेंगे ये तो उन्नति कैसे हो जाएगी?...? आपका ज्ञान का दायरा कैसे बढ़ेगा? आपकी बुद्धि का विकास कैसे होगा? इसीलिए यहाँ आत्म निर्माण के लिए भी ...
- विद्या की कमी को आप पूरा नहीं करेंगे, तो उन्नति कैसे होगी?...? आपके ज्ञान का दायरा कैसे बढेगा? बुद्धि का विकास जैसे होगा? इसलिए यहाँ आत्मनिर्माण के लिए भी ढेरों का...
- विद्या की कमी को जो पूरा नहीं करेंगे, तो उन्नति कैसे हो जायेगी?...? आपके ज्ञान का दायरा कैसे बढ़ेगा? आपकी बुद्धि का विकास कैसे होगा? इसीलिये यहाँ आत्म निर्माण के लिये भी...
- विद्या के भंडार दिए हैं, लेकिन उससे पहले यह पूछा था कि इस ज्ञान का तू क्या करेगा?...? जब उन्होंने इस बात का विश्वास कर लिया कि जिस काम में खरच करेगा, तो ज्ञान के भंडार उँड़ेल दिए।
मित...
- विद्या के लिए आपको किसने रोका था?...? मित्रो! एक सज्जन कह रहे थे कि जब हम ढाई साल के थे, तब हमारे पिताजी की मृत्यु हो गई और जब हम तीन बरस ...
- विद्या को आप नहीं पढ़ेंगे?...? स्वास्थ्य को सुधारेंगे नहीं, जन सम्पर्क बढ़ायेंगे नहीं, सेवा के लिए कदम बढ़ायेंगे नहीं, जो काम करने ...
- विद्या को आप नहीं पढेगे, स्वास्थ्य को आप नहीं सुधारेंगे, जनसम्पर्क नहीं बढाएँगे, सेवा के लिए कदम नहीं बढ़ाएँगे, तो काम कैसे बनेगा?...? अतः जो काम करने हैं, वह तो करने ही पड़ेंगे। आप अपनी गलती को सुधारिए और अपनी योग्यताओं को, अपनी क्षमता...
- विद्या को आप नहीं पढ़ेंगे?...? स्वास्थ्य को सुधारेंगे नहीं? जन सम्पर्क बढ़ायेंगे नहीं? सेवा के लिये कदम बढ़ायेंगे नहीं? जो काम करने ह...
- विद्या को आपने ऐसा कैसे समझ लिया?...? आपके मस्तिष्क की, आपके हृदय की ऊँचाई बढ़नी चाहिए और सेवा के लिए हमारे अन्दर करुणा और सम्वेदना पैदा ह...
- विद्या को आपने ऐसे कैसे समझ लिया?...? आपका मस्तिष्क आपके हृदय की ऊँचाई बढ़नी चाहिए और सेवा के लिए हमारे अन्दर करुणा और सम्वेदना पैदा होनी ...
- विद्या प्राप्त करना कोई बड़ी बात है क्या?...? कोई बड़ी बात नहीं। नटवर लाल एक आदमी था। उसने इतना पैसा कमा लिया—इतना पैसा कमा लिया कि लोग अचम्भे में ...
- विद्या से क्या मतलब है?...? विद्या का मतलब यह है कि आप अपने विचारों का इस्तेमाल किस तरीके से करें? आप अपने शरीर का इस्तेमाल किस...
- विद्या से मतलब ये है कि आप अपने विचारों का इस्तेमाल किस तरीके से करें?...? आप अपने शरीर का इस्तेमाल किस तरीके से करें? साधनों का इस्तेमाल कैसे करें? परिस्थितियों का उपयोग किस ...
- विद्या से मतलब ये है कि आप अपने विचारों का इस्तेमाल किस तरीके से करें?...? आप अपने शरीर का इस्तेमाल किस तरीके से करें? साधनों का इस्तेमाल कैसे करें? परिस्थितियों का उपयोग किस ...
- विद्या से मैं चैन से रहा हूँ लेकिन उसके पास विद्या होने से भी क्या लाभ हुआ?...? उसके पास धन था, विद्या थी, बल था, सब कुछ तो था, लेकिन एक ही बात की कमी थी भावनात्मक स्तर ऊँचा न होना...
- विद्या से मैं चैन से रहा हूँ, लेकिन उसके पास विद्या होने से भी क्या लाभ हुआ?...? उसके पास धन था, विद्या थी, बल था, सब कुछ तो था, लेकिन एक ही बात की कमी थी भावनात्मक स्तर का न होना। ...
- विद्या हो जाए तो क्या?...? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता है। इसलिए मैं आपसे एक निवेदन कर रहा था कि हमको बड़ी फैक्ट्रियाँ नहीं...
- विद्या हो जाए तो क्या?...? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता है। इसलिए मैं आपसे एक निवेदन कर रहा था कि हमको बड़ी फैक्टरियाँ नहीं ब...
- विद्यार्थियों से, स्कूलों और कॉलेजों में जाकर पूछा जाए कि आपका भविष्य क्या है और आप क्या करेंगे?...? उनमें से 99 प्रतिशत बच्चों का एक ही उत्तर होगा कि हम नौकरी करेंगे। इतनी नौकरी कहाँ से आएँगी? जब सारे...
- विद्यार्थी उनकी बात कैसे मानेंगे?...?
वे काफी दिन तक सहन करते रहे, लेकिन जब उन्होंने देखा कि उपकुलपति के व्यवहार में कोई परिवर्तन होने वा...
- विद्यार्थी को आपने देखा है न?...? विद्यार्थी किस तरीके से किताब पढ़ने में लगा रहता है, रात को जागता रहता है, फीस भी दाखिल करता है। स्कू...
- विद्यार्थी क्या करता है?...? तप करता है। पहलवान क्या करता है? तप करता है। किसान क्या करता है? तप करता है। बेटे ! ये सारे के सारे ...
- विद्वान कौन हो सकता है?...? विद्वान वह हो सकता है, जो जीवन की समस्त समस्याओं के बारे में जानकारी रखता है। मनुष्य जीवन की समस्याओ...
- विद्वान थे, किताब पढ़े थे?...? नहीं पढ़े थे वहाँ तक जहाँ तक हम लोग पढ़े हैं। क्या वे लोग इतने ही ज्ञानी थे, जितने कि हम लोग विद्वान...
- विद्वान पिता के विवेकवान् पुत्र ने पूछा-पिताजी यह कच्चे धागे गले में डालने का क्या मतलब है?...? पिता बोला-मनुष्य जीवन को विवेक से बाँधकर रखा जाये ताकि मनुष्य सांसारिक आकर्षणों में ही उलझ कर न रह ज...
- विधवा ने कहा-मुनिवर आपने भूल की, मेरे तो एक अत्यन्त अमूल रत्न है?...? मुनि ने चारों तरफ दृष्टि दौड़ाई, कुछ दिखा नहीं। वे पूछ बैठे क्या वह रत्न मुझे भी दिखायेगी।...
- विधाता हँसे और बोले (१) तेरे हाथ काँपे , (२) दाँत टूट गये, (३) आँखों से कम दिखने लगा, (४) बाल पक गये चार संकेत देने पर भी तू न सम्भला तो इसमें मेरा क्या दोष?...? (५) दो पड़ोसी -एक ईमानदार और ईश्वर भक्त दूसरा छल कपट से धन कमाता और सांसारिक सुख भोगता। पहला आदमी य...
- विधि का विधान, भाग्य का निर्धारण यदि पूर्व निश्चित ही है तो फिर उसी की प्रतीक्षा में बैठे रहना कोई बुद्धिमानी है?...? तब विविध-विधि दौड़-धूप करने की आवश्यकता क्या रहीं? ऐसी दशा में मनुष्य मात्र भाग्य की कठपुतली बन जाता ...
- विधि बता दीजिए?...? बता तो रहे हैं और कैसी विधि बता दें। कोई ऐसी नयी विधि बता दीजिए जो जादू जैसी हो। बेटे, हम जादू नही...
- विधि, विधि पूछता है?...? पागल! विधि नहीं है। फिर क्या चीज है, जिससे कमाल होते हैं और चमत्कार दिखाई पड़ते हैं। उसका नाम है—विधा...
- विधुर प्रसन्नतापूर्वक विवाह करते हैं, पर विधवाओं को ऐसी छूट कहाँ?...? नारियाँ सती होती हैं, पर नर वैसा उदाहरण प्रस्तुत नहीं करते। नारियाँ घूँघट करके रहती हैं। नाक, का...
- विधेयात्मक चिन्तन, विधेयात्मक चिन्तन, ये क्या है?...? ये वो चिन्तन है जिससे की आदमी देवता बन जाते हैं। क्या बनायेंगे, क्या बिगाड़ेंगे विचार ही मत कीजिए। अ...
- विनियोग किसे कहते हैं?...? विनियोग संकल्प को कहते हैं। संकल्प में क्या होता है? उसका ब्यौरा होता है। गायत्री मंत्र के बारे में ...
- विनोद के कितने ही साधन जुटाये जाते हैं?...? पौष्टिक आहार लेने का भी ध्यान रहता है। इन सब बातों को देखते हुए यह कैसे कहा जाय कि अपनी काया के प्रत...
- विनोबा 23 भाषाओं के विद्वान थे, कैसे?...? कैसे उन्होंने भूदान की यात्राएँ कर लीं—कन्याकुमारी से लेकर रामेश्वरम् तक! ये कैसे हुआ? वे बराबर समय ...
- विनोबा का आपने नाम सुना है?...? नहीं सुना। आप जानते हैं बिनोवा को? नहीं हम तो नहीं जानते। आपको मालूम है? नहीं, हमें तो नहीं मालूम। ...
- विनोबा क्या बला होता है?...? उसने पूछा-क्योंजी! विनोबा का आपने नाम सुना है? नहीं सुना। आप जानते हैं बिनोवा को? नहीं हम तो नहीं जा...
- विनोबा ने अकेले काम किया भूदान का?...? नहीं, अकेले नहीं किया। उनके बहुत सारे सर्वोदयी कार्यकर्ता उनके साथ-साथ काम करते थे। उन सबने मिलकर के...
- विनोबा पर कितनी जमीन आ गई थी?...? करोड़ों एकड़ जमीन भूदान में आ गई थी। मैं क्या कहूँ बेटे, कोई इतनी जमीन खरीदता, तो दिवाला निकल जाता। ...
- विनोबा पर कितनी जमीन आ गई थी?...? करोड़ों एकड़ जमीन भूदान में आ गई थी। मैं क्या कहूँ बेटे, कोई इतनी जमीन खरीदता, तो दिवाला निकल जाता। ह...
- विनोबा भावे और जवाहरलाल नेहरू में क्या मुकाबला है?...? एक छोटे, गरीब घर में कंगाल घर में पैदा हुए। न इनके पास साइकिल है, न इनके पास मोटर है, न इनके पास और ...
- विनोबा भावे और जवाहरलाल नेहरू में क्या मुकाबला है?...? एक छोटे, गरीब घर में, कंगाल घर में पैदा हुए। न इनके पास साइकिल है, न इनके पास मोटर है, न इनके पास और...
- विनोबा भावे की माँ के तरीके से—तीनों बेटे संन्यासी बनते हों तुम्हारे तो बने, वंश डूबता हो तो डूबे, हमें क्या करना है?...? लेकिन उसका मन प्रसन्न होता है। आदमी के अन्दर जो श्रेष्ठता है, श्रद्धा उसी का नाम है। श्रद्धा उस चीज ...
- विनोबा भावे के बाप जिन्दा हैं?...? नहीं साहब! मर गये; लेकिन विनोबा भावे कई भाषाओं के विद्वान हैं। अभी भी अस्सी-पचासी साल की उम्र में चा...
- विपद् वारणाय क्या?...? दुखियारों की सेवा करना। जो भूखे हैं, गरीब हैं, कंगाल हैं, कोढ़ी हैं, दुखी हैं, उनकी आप सहायता कर देत...
- विपन्न विग्रह के घटाटोपों से कैसे निपटा जाएगा?...? प्रकृति के साथ क्रूर मजाक करने पर उसका प्रतिफल तो भुगतना ही पड़ेगा। अग्नि में हाथ डालने पर झुलसने से...
- विभिन्न देवता क्या हैं?...? उनकी अलंकारिक कल्पना क्यों की गई? २. ‘एक सद् विप्रः बहुधा वदन्ति’ से क्या समझते हो। ४. शंकर जी की गं...
- विभीषण का योगदान नहीं होता तो यह पता ही नहीं चलता कि रावण का मकान कहाँ है, लंका कहाँ है और वहाँ तक जाने का रास्ता कहाँ है?...? तो क्या रामचंद्र जी ने रावण को मारा था? नहीं, निन्यानवे आदमियों ने मिलकर के रावण को मारा था।
...
- विभीषण का योगदान नहीं होता तो यह पता ही नहीं चलता कि रावण का मकान कहाँ है, लंका कहाँ है और वहाँ तक जाने का रास्ता कहाँ है?...? तो क्या रामचंद्र जी ने रावण को मारा था? नहीं, निन्यानवे आदमियों ने मिलकर के रावण की मारा था। निष्कलं...
- विभीषण का रास्ता कुछ बुरा था क्या?...? क्या बुरा था, बताइए? आरम्भ में हैरानी हुई; पर सन्तोष तो रहा; रावण को सुविधा मिली; पर असन्तोष रहा। हर सम...
- विभीषण को आदर्श नहीं मानेंगे?...? रावण को ही आदर्श मानेंगे? सोने की लंका का ही ख्वाब देखेंगे? अपने बेटे और पोते को ही, सवा लाख पूत, सव...
- विभीषण ने कमा लिया और किसने कमा लिया?...? सुग्रीव ने कमा लिया। हार गया था, सब कुछ छिन गया था। बीबी-बच्चे भी छिन गए थे। राजपाट भी छिन गया था। स...
- विभीषण ने क्या खोया बताइए?...? विभीषण ने कुछ भी नहीं खोया। पेट भरने को रोटी बराबर मिलती रही और आखिर में जब भगवान का प्यारा हुआ था? ...
- विभीषण यदि राम से न जुड़ा होता, तो कौन होता?...? तो जैसा रावण राक्षस था, वह भी राक्षस होता; लेकिन जुड़ने पर भगवान राम ने स्वयं उसका राजतिलक किया। क्य...
- विभूतियाँ किसकी हैं?...? इन सबका उत्तर देते समय नाम भगवान् का ही लिया जा सकता है, पर भगवान् का निकटतम और सुनिश्चित स्थान एक ह...
- विराट रूप की बात आपको नहीं मालूम है?...? भगवान का विराट रूप। अर्जुन कह रहा था—भगवान का हमको आँखों से दर्शन करना है, तो भगवान बार-बार कहते थे—...
- विराट् की सेवा करने के लिए त्याग और बलिदान करने के लिए, इसको अच्छा, समुन्नत और सभ्य बनाने के लिए जो भी हम प्रयत्न करते हैं, आप यह मानकर चलिए कि भगवान के लिए किया जा रहा है और सिर्फ भगवान की पूजा और सेवा की जाती है तो?...? तो क्या सेवा और पूजा नहीं करनी चाहिए? वो भी बता देंगे बाबा! उसमें क्या ऐसी बड़ी-सी बात है? वो कोई बड़ी...
- विराम यदि नहीं होगा, तो फिर क्या हो जाएगा?...? एक गति बन जाएगी। गति बन जाती है, तो गति की शक्ति अलग बन जाती है हमारे शरीर में। आपने देखा होगा बच्चे...
- विरोध करके नई चीज को खड़ा करना कितना मुश्किल है?...? एक चीज को गिराया जाए और फिर एक नई इमारत बनाई जाए इसकी अपेक्षा यह क्या बुरा है कि जो बनी-बनाई इमारत ह...
- विलम्ब क्यों लगता?...? युग चेतना के रूप में महाकाल की अवतरण प्रक्रिया का परिचय हम सब इन्हीं दिनों प्रत्यक्ष रूप से प्राप्त ...
- विलासिता में हानि और महानता में लाभ समझने की बात हाँ हाँ करने से कहाँ बनती है?...? उसके लिए प्रत्यक्ष प्रमाण इसी रूप में प्रस्तुत करना होगा कि लोभ मोह पर किस सीमा तक अंकुश लगा और उस ब...
- विवाह का दिन आया तो पति ने पत्नी से कहा—‘‘हम आपके लिए सोने की क्लिप लाये हैं पर आपने सिर पर रूमाल क्यों बाँध रखा है?...? इसे खोलिए हम आपके बालों में क्लिप लगाएँगे।’’ पत्नी बोली—हम आपके लिए घड़ी चेन लाये हैं लेकिन आज आपके ह...
- विवाह का दिन है, आज तो प्रसन्न हैं?...? अरे साहब! विवाह क्या हुआ, आफत आ गई। बीबी आ गई, बाल-बच्चे हो गए। अब तो कोई खुशी नहीं है, उस दिन तो कि...
- विवाह का दिन है, आज तो प्रसन्न हैं?...? अरे साहब! विवाह क्या हुआ, आफत आ गई। बीबी आ गई, बाल बच्चे हो गए। अब तो कोई खुशी नहीं है, उस दिन तो कि...
- विवाह के बाद योग्यता-सम्वर्द्धन के अवसर पूरी तरह समाप्त क्यों हो जाने चाहिए?...? अभिभावकों के घर लड़की ने जितनी योग्यता और सम्मान अर्जित किया है, उससे आगे की प्रगति का क्रम जारी रखन...
- विवाह शादियाँ सरकार थोड़े ही करती है?...? भली या बुरी राह अपनाने के लिए सरकार किस-किस को कन्धे पर बिठाये फिरती है? स्वच्छता, आजीविका, प्रजनन, र...
- विवाह- शादियों पर खरच होने वाली धनराशि किस तरीके से हमें गरीब और बेईमान बनाती है?...? दहेज एवं मृत्युभोज के नाम पर कितना पैसा खरच होता है? भिक्षा व्यवसाय में लाखों की तादाद में आदमी कैसे...
- विवाहित होने के बाद प्रगति के सभी अवसर छिन जाने और मात्र क्रीतदासी की भूमिका निभाते रहने तक ही उसे क्यों बाध्य रखा जाना चाहिए?...? ये प्रश्न ऐसे हैं, जिनका उचित उत्तर हर विचारशील को, हर न्यायनिष्ठ को व हर दूरदर्शी को छाती पर हाथ रख...
- विवेक का अन्तःकरण में प्रादुर्भाव होते ही कुविचार कहाँ टिकेंगे और कुविचारों के हटते ही अपना पशु जीवन, देव जीवन में परिवर्तित क्यों न हो जाएगा?...? कुछ मूढ़ताएँ, अन्ध परम्पराएँ, अनैतिकताएँ, संकीर्णताएँ हमारे सामूहिक जीवन में प्रवेश पा गई हैं। दुर्बल ...
- विवेक के हिसाब से हम हर चीज का वर्गीकरण करते हैं और ये देखते हैं कि आप में से कौन आदमी मुसीबत में फँसा हुआ है?...? मुसीबत में कराह रहा है, किसकी आँखों में से आँसू आते हैं, कौन आदमी हैरान हो रहा है, उस आदमी को हम प्र...
- विवेक क्या है और अविवेक क्या है?...? इसका निर्धारण तो आपको ही करना पड़ेगा। आप अपने रास्ते पर दूसरों को चलाइए, पर आप तो स्वयं शिकार हो गए ...
- विवेक शीलता का तकाजा क्या है?...? (४) किस जीवन को सार्थक माना जा सकेगा? (५) आध्यात्मिक प्रगति के कौन-कौन से पक्ष हैं? (६) दिनचर्या बना...
- विवेक से आप काम लेंगे, तो आपकी जिन्दगी कटती हुई चली जाएगी और विवेक से आपने काम नहीं लिया, तो आप ऐसे हैरान हो जाएँगे कि बस, मैं आपसे क्या कहूँ?...? आप विक्षिप्त हो जाएँगे। बेटे! मैं यहाँ समुद्र की बात कह रही थी और टिटिहरी की बात कह रही थी। तो जब टि...
- विवेक से बड़ा पुरुषार्थ?...? घोड़े से बड़ा पुरुषार्थ? ज्ञानी से बड़ा पुरुषार्थ? एक से एक बड़े पुरुषार्थी पड़े हुए हैं प्राणी, लेक...
- विवेकशीलता कहाँ है, बुद्धिशीलता कहाँ हैं, दिशाएँ कहाँ हैं, प्रकाश कहाँ है?...? हमें भी नहीं मालूम है कि सही लोग कहाँ हैं? लोगों की कमी कहाँ है? गाँधी जी ने एक नारा लगाया था और ...
- विवेकशीलता किसे कहते हैं?...? बेटे कुण्डलिनी को। कुण्डलिनी किसे कहते हैं? विवेकशीलता को। आप समझते नहीं हैं। हमारा गुरु हमारी कुण्ड...
- विवेकशीलता के आधार पर क्या बात सोची जानी चाहिए और क्या नहीं सोची जानी चाहिए?...? क्या किया जाना चाहिए और क्या नहीं किया जाना चाहिए, कौन सी दिशा गलत है और कौन सही है? इसका शिक्षण किय...
- विवेकशीलता के आधार पर क्या बात सोची जानी चाहिए और क्या नहीं सोची जानी चाहिए?...? क्या किया जाना चाहिए और क्या नहीं किया जाना चाहिए कौन सी दिशा गलत है और कौन सही है? इसका शिक्षण किया...
- विवेकशीलता के आधार पर क्या बात सोची जानी चाहिए और क्या बात नहीं सोची जानी चाहिए?...? क्या किया जाना चाहिए और क्या नहीं किया जाना चाहिए, कौन सी दिशा गलत है और कौन सही है? इसका शिक्षण किय...
- विवेकानन्द की मौत हो गई?...? नहीं, मैं समझता हूँ कि इन्हें जिन्दा होना चाहिए। हनुमान जी की मौत हो गई? नहीं बेटे! शरीर से तो सबको म...
- विवेकानन्द ढूँढ़ने गए थे?...? नहीं, रामकृष्ण ढूँढ़ने गए थे। नहीं साहब! हमारा बाप मर गया, नौकरी लगवा दीजिए, इसके लिए अथवा सिद्ध...
- विवेकानन्द इतने शानदार थे कि मैं क्या कहूँ आपसे?...? बेलूर मठ ही नहीं, विवेकानन्द के बनाये हुए रामकृष्ण मिशन के संस्थान जितने हिन्दुस्तान में हैं, उससे च...
- विवेकानन्द किसने बना दिया?...? काली ने बना दिया। क्यों साहब! काली थी क्या? काली पत्थर थी। पत्थर नहीं थी। वो क्या थी? काली थी रामकृष...
- विवेकानन्द की बात आपको मालूम है न?...? वे एक मामूली-से विद्यार्थी थे। खास प्रतिभावानों में उनकी शुमार नहीं होती थी। घर की परिस्थितियाँ भी ठ...
- विवेकानन्द की मृत्यु हो गई?...? नहीं बेटे! उनकी मृत्यु नहीं हुई। उनकी सारी किताबें रखी हुई हैं। आप उनसे सलाह ले सकते हैं, प्रकाश ले ...
- विवेकानन्द को क्या दिखाया था?...? जमीन से लेकर आसमान तक विराट् स्वरूप। उसने ये प्रत्यक्ष पूछा था विवेकानन्द से—क्यों भाई! क्या बात है?...
- विवेकानन्द को जानते हैं न?...? महापुरुषों में से इन लोगों के नाम नहीं मालूम आपको? यह सभी महापुरुष थे, जिन्होंने कि महानता को चुना औ...
- विवेकानन्द जी के पास कौन सा चमत्कार था?...? नानक जी के पास कौन से चमत्कार थे? कोई चमत्कार नहीं होते सन्तों के पास। चमत्कार होते हैं तो बस यही ह...
- विवेकानन्द ने शून्यवाद पर जो बोलना शुरू किया, तो सब हैरान रह गए कि इसके अन्दर से कौन बोल रहा है?...? उन्होंने कहा—मैं नहीं बोल रहा हूँ। मेरे अन्दर से मेरा गुरु बोल रहा है। मेरा वह प्रेरणा स्त्रोत बोल र...
- विवेकानन्द से काली पूछने लगीं—"क्या माँगने आया है?...? " विवेकानन्द काँप गए। उन्होंने कहा—"माँ, मैं नौकरी माँगने नहीं आया।'' तो फिर क्या माँगने आया? माँ, म...
- विशाल परिवार की आचार संहिता क्या हो, उसकी अर्थ व्यवस्था किस प्रकार चले, पारस्परिक सम्बन्धितों का निर्धारण किस रीति-नीति के आधार पर विनिर्मित हो?...? यही चिन्तन उस स्थापना के पीछे काम करता रहा और योजनाएँ बनती रहीं। गली, मुहल्लों और गाँवों में उसका ...
- विशेष जीवात्मा क्यों हैं?...? विशेष जीवात्मा इसलिए हैं कि जब रामचंद्र जी अवतार लेकर के धरती पर आए तो देवताओं ने कहा—"अकेला चना भाड...
- विशेष प्रभाव और विशेष चमक क्या है?...? वह है जिनको हम विभूतियाँ कहते हैं। कुछ संपदाएँ होती हैं, कुछ विभूतियाँ होती हैं। संपदाएँ क्या होती...
- विशेष प्रभाव और विशेष चमक क्या है?...? वह है जिनको हम विभूतियाँ कहते हैं। कुछ संपदाएँ होती हैं, कुछ विभूतियों होती हैं। संपदाएँ क्या होती ह...
- विशेषकर भू-मण्डल के लिए ही क्यों?...? उत्तर एवं समाधान के लिए डेविड थामस जैसे अनेकों मूर्धन्य वैज्ञानिकों की भाँति सोचना होगा कि यह समूची ...
- विशेषतया मनुष्य क्या है?...? इस प्रश्न पर प्रस्तुत वैज्ञानिक दृष्टिकोण की मार्मिक समीक्षा की है।...
- विश्राम की बात न सोचें, अहर्निश एक ही बात मन में रहे कि हम इस प्रस्तुतीकरण में पूर्णरूपेण खपकर कितना योगदान दे सकते हैं?...? कितना आगे रह सकते हैं? कितना भार उठा सकते हैं? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र, दूसरों को बड़ा मानें। स्व...
- विश्राम की बात न सोचें, अहर्निश एक ही बात मन में रहे कि हम इस प्रस्तुतीकरण में पूर्णरूपेण खपकर कितना योगदान दे सकते हैं?...? कितना भार उठा सकते हैं? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र बनाएँ, दूसरों को बड़ा मानें। स्वयंसेवक बनने में गौर...
- विश्राम की बात न सोचें, अहर्निश एक ही बात मन में रहे कि हम इस प्रस्तुतीकरण में पूर्णरूपेण खपकर कितना योगदान दे सकते हैं?...? कितना आगे रह सकते हैं? कितना भार उठा सकते हैं? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र, दूसरों को बड़ा मानें। स्वयं...
- विश्राम की बात न सोचें, अहर्निश एक ही बात मन में रहे कि हम इस प्रस्तुतीकरण में पूर्णरूपेण खपकर कितना योगदान दे सकते हैं?...? कितना आगे रह सकते हैं? कितना भार उठा सकते हैं? स्वयं को अधिकाधिक विनम्र, दूसरों को बड़ा मानें। स्वयं...
- विश्व को अगले ही दिनों एक सार्वभौम सर्वजनीन संस्कृति की आवश्यकता पड़ेगी, वह प्रयोजन इससे सधेगा या नहीं?...? मानवीय विकास अब एकता की आवश्यकता अनुभव कर रहा है। एक विश्व भाषा, एक विश्व धर्म, एक विश्व संस्कृति,...
- विश्व परिवार की ओर से कब तक आँखें बन्द कराये रहेगा?...? मन तू शरीर का मित्र बना और आत्मा का शत्रु। शरीर को ठाठ-बाट जुटाने में, बड़प्पन दिलाने में, सत्ताधार...
- विश्वमाता से क्या मतलब है?...? विश्वमाता से मतलब है सारा विश्व एक नए आधार पर एक होने जा रहा है। एक नई संस्कृति आ रही है। एक नया सार...
- विश्वामित्र कहाँ रहते थे?...? उनकी कुटिया कहाँ थी? यहीं थी, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज है। यह विश्वामित्र का स्थान है।
वातावरण का कितन...
- विश्वामित्र कहाँ रहते थे?...? कुटिया कहाँ थी, यहीं थी जहाँ शान्तिकुञ्ज है। ये विश्वामित्र का स्थान है। वातावरण का कितना असर पड़ता ...
- विश्वामित्र कहाँ रहते थे?...? उनकी कुटिया कहाँ थी? यहीं थी, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज है। यह विश्वामित्र का स्थान है।वातावरण का कितना अस...
- विश्वामित्र कौन थे?...? ब्रह्मर्षि और राजर्षि- दोनों का मिला हुआ जोड़ा था। बेटे, प्राचीनकाल में ब्राह्मणों को ही दोनों का...
- विश्वामित्र कौन हैं?...? विश्वामित्र वे हैं, जिन्होंने गायत्री के ऊपर पी-एच०डी० की है, डी०लिट की है। वे एक ऋषि हैं। प्रत्येक ...
- विश्वामित्र ने इस धारणा पर विचार किया कि क्या गाय इतना धन और वैभव इकट्ठा कर सकती हे?...? एक गाय इतना युद्ध कर सकती है? यह गाय बड़ी जबरदस्त है। इस गाय को प्राप्त करने के लिए हमको प्रयत्न करना...
- विश्वामित्र ने राजा हरिश्चंद्र से कहा, तू हमारा मित्र है, दोस्त है?...? उनने कहा, हाँ। तो फिर हमारे साथ-साथ चल, हमारे काम आ। राजा हरिश्चंद्र ने कहा, हम आपके साथ-साथ चलेंगे ...
- विश्वामित्र ने हरिश्चंद्र को ही दोस्त क्यों बनाया?...? इससे कम में काम नहीं चल सकता था? अभी भी हजारों गाँधियों को पैदा करने की ताकत हरिश्चंद्र में है। गाँध...
- विश्वास के साथ भजन हो तो?...? तो मुबारक। लेकिन अगर बिना विश्वास के साथ भजन हो, तो उसका क्या मूल्य रह जाता है? महाराज जी! विश्वास क...
- विश्वास क्या होता है और भजन क्या होता है?...? बेटे, दोनों में जमीन आसमान का फरक है। जमीन-आसमान का फरक ऐसे आदमी में होना सम्भव है, जो भजन तो बहुत सा...
- विश्वास न हो तो?...? विश्वास न हो तो आदमी को किसी लम्बे-चौड़े फायदे की आशा नहीं करनी चाहिए। विश्वास फलदायक होता है। आप...
- विश्वेसरैया से लेकर के ढेरों नाम पेश कर सकता हूँ जो बड़े मुसीबत में, गरीबी में और बड़ी कंगाली की हैसियत में और बड़े-छोटे घरों में पैदा हुए थे और अपनी कोशिशों की वजह से कहाँ से कहाँ बढ़ते चले गए?...? नल-नील के अतिरिक्त अच्छा और बताइए? और बेटे हिम्मत के आधार पर हनुमान को ले लीजिए। हनुमान कौन थे—बन्दर।...
- विषपान करने वाले का प्राण कैसे बचे?...? घड़े भर मदिरा पी जाने पर सन्तुलन कैसे निभे? मनःस्थिति में विकृतियाँ भरी नहीं कि परिस्थितियाँ संकटाप...
- विषवृक्ष को काटे बिना सुख-शान्ति की आशा कैसे की जा सकेगी?...? आज की सबसे प्रमुख आवश्यकताइन दिनों सबसे बड़ा और सबसे आवश्यक कार्य यह है कि विचार क्रान्ति का व्यापक ...
- विषैले रक्त के कारण उत्पन्न होने वाले फोड़े फुन्सियों का निराकरण मात्र मरहम लगाने के ऊपरी उपचार से कैसे सम्भव हो?...? उपाय गहराई में उतर कर करना होता है।इन दिनों अधिकांश शारीरिक मानसिक रोग अन्तःक्षेत्र में जमी हुई, कुक...
- विष्णु भगवान कहाँ रहते हैं?...? कृष्ण को मरे हुए मुद्दतें हो गईं, तो अब किस तरीके से पाएँ कृष्ण को? कृष्ण जी ने न जाने कहाँ जन्म ले ...
- विष्णु भगवान के देखे हैं न?...? चार हाथ हैं। सहस्त्रशीर्षा पुरुषः—उसके हजारों हाथ हैं और आपको हजारों हाथों से इतना देगा, जिसे आप सँभ...
- विसंगतियों से बचने के साथ जब इस तथ्य पर विचार किया जाता है कि ‘कैसे हों नये - श्रेष्ठ समाज के नागरिक?...? ’ तो बालकों में सुसंस्कारिता के जागरण संवर्धन का महत्त्व और भी अधिक बढ़ जाता है।
बच्चों में सुसंस्का...
- वीजा और पैसे का इन्तजाम कैसे होगा?...? और वहाँ भी आप मेरी रक्षा करना।’’ गुरुजी बोले, ‘‘पहले तू अपना चौथा प्रश्र भी बोल दे’’ यतीन्द्र ने पॉक...
- वृन्दावन से लेकर जयपुर और न जाने कहाँ-कहाँ मीरा फिरी और सूरदास?...? कहते हैं कि सूरदास अन्धे हो गए थे, तो कृष्ण उनकी लाठी लेकर के चलते थे। हमारी, आपकी लाठी लेकर के चलें...
- वे अगर न हों, तो आप क्यों सोचते हैं सब कुछ आपके इच्छानुकूल हो जाएगा?...? आप बदल दीजिए। क्या बदल दें? बूढ़े से जवान हो जाएँगे। आपके हाथ की यह बात नहीं है। ये शरीर प्रकृति का ब...
- वे अध्यात्म के लिए कहाँ आये हैं?...? वे पूजा-उपासना को, अध्यात्म को कहाँ जानते हैं? वे तो हरिद्वार का तमाशा देखने और ऋषिकेश का तमाशा ...
- वे अनायास ही-व्यक्ति विशेष पर ही घटित होती हैं, या प्रयत्नपूर्वक वैसी स्थिति पैदा की जा सकती है?...? यह ऐसे ही अनेक प्रश्नों की शृंखलाएँ सामने प्रस्तुत हैं जिनके समाधान खोजने के लिए परा-मनोविज्ञान क्षे...
- वे अपना काम छोड़ करके आपके पास कैसे आएँगे?...? इसलिए एक ही तरीका है सत्संग का और वो सत्संग बहुत ही शानदार चीज है। उसका आसान तरीका है—स्वाध्याय। आप ...
- वे आदमी कौन हैं?...? छोटी सी किताब में से फरिश्ते ने नाम सुनाने शुरू किये। उसमें हजरत उमर का नाम लिखा हुआ था। क्या मेरी इ...
- वे आदमी, जो कमाते तो बहुत हैं, लेकिन सारे का सारा खरचा अपने लिए कर डालते हैं, उनको मैं और क्या कह सकता हूँ?...? उनको चोर कहिए। नहीं बेटे! मैं चोर तो नहीं कह सकता, पर एक शब्द उनके लिए कह सकता हूँ कि ऐसे आदमी पत्थर...
- वे आदमी, जो कमाते तो बहुत हैं, लेकिन सारे का सारा खरचा अपने लिए कर डालते हैं, उनको मैं और क्या कह सकता हूँ?...? उनको चोर कहिए। नहीं बेटे! मैं चोर तो नहीं कह सकता, पर एक शब्द उनके लिए कह सकता हूँ कि ऐसे आदमी पत्थर...
- वे आपके जैसी फरेबी और आप जैसी जलील हो सकती हैं क्या?...? आप नारियल चढ़ाएँगे और उनकी जेब काटकर लाएँगे। आप जैसे बेवकूफों से जेब कटा लेंगी लक्ष्मी जी? क्या लक्ष...
- वे आपके पास आयेंगे?...? नहीं, आपके पास नहीं आयेंगे। बादलों के पास खेत कैसे आ पायेंगे, बताइए? खेतों के पास इतनी सामर्थ्य होती...
- वे इतने मजबूत कैसे हो जाते हैं और बंगाल वाले कैसे कमजोर रह जाते हैं?...? यह सब वातावरण का कमाल है।इस सन्दर्भ में एक और भी पुरानी बात याद है। श्रवण कुमार अपने माता-पिता को कन...
- वे इसका अभ्यास करते हैं कि भगवान के दूत किस तरीके से काम करते हैं और हमें किस तरह से करना चाहिए?...? समुद्र में से पानी का गट्ठर लादकर के बादल रवाना होते हैं और दौड़ते हुए कहाँ-कहाँ तक चले जाते हैं? जहा...
- वे इसलिए नास्तिक हैं कि उनको यह विश्वास नहीं होता कि कोई भगवान भी हैं क्या?...? उनको यह विश्वास नहीं होता कि पूजा-उपासना कोई फल दे सकती है क्या? अगर कोई उनको विश्वास दिला दे और...
- वे ईमानदार रहें तो आखिर रहें कैसे?...? ईमानदारी से इतना विपुल धन कमा लेना सामान्य मनुष्य के लिए असम्भव है।हमें विचार करना होगा कि शादियों क...
- वे उछलकर कहाँ से कहाँ चले गये?...? लोगों ने उनको रोकना चाहा परन्तु वे रुके नहीं। उनको लोगों ने भला-बुरा कहा, परन्तु उन्होंने किसी की भी...
- वे उसका करते क्या हैं?...? अपने और अपने परिवार के लिए स्वादिष्ट भोजनों की भरमार करके सबका पेट खराब करते हैं। श्रम से बचने और आर...
- वे एक बहुत बड़े वकील थे, बहुत बड़े बैरिस्टर थे, लेकिन अकल ने क्या काम किया?...? अकल ने यह काम किया कि हिन्दुस्तान का बँटवारा हो गया। अगर उनकी अकल ने यह काम किया होता कि हिन्दू और म...
- वे एकाकी थे, असमंजसपूर्वक अनुरोध करने लगे कि मुझे क्यों उत्पन्न किया गया है?...? क्या करूँ? कुछ करने के लिए साधन कहाँ से पाऊँ? इन जिज्ञासाओं का सामाधान आकाशवाणी ने किया और कहा—गायत्...
- वे ऐसा किसलिए खाते हैं?...? इसलिए कि वे जबान के जायके पर काबू करके खाते हैं। जबान के जायके का अभ्यास आपको यहाँ नहीं हो सका, तो...
- वे ऐसा किसलिए खाते हैं?...? इसलिए कि वे जबान के जायके पर काबू करके खाते हैं। जबान के जायके का अभ्यास आपको यहाँ नहीं हो सका, तो आ...
- वे कदम क्या हैं?...? लेफ्ट और राइट हैं।
लेफ्ट और राइट के तरीके से करते हुए, सिपाही से लेकर के सामान्य नागरिक तक वह हर...
- वे कब बुड्ढे हुए थे?...? उनकी लड़ाई कब हुई थी? यह कहानी आप सुन लीजिए, कोई भी सुना सकता है, पर भागवत नहीं सुनी जा सकती। भागवत ...
- वे कब बुड्ढे हुए थे?...? उनकी लड़ाई कब हुई थी? यह कहानी आप सुन लीजिए कोई भी सुना सकता है, पर भागवत् नहीं सुनी जा सकती। भागवत् ...
- वे कभी व्यायामशाला में गए थे?...? नहीं बेटे! कहीं किन्हीं व्यायामशालाओं में नहीं गए थे। उनको इंजीनियरिंग आती थी? कहीं नहीं आती थी। नल-...
- वे कर्तव्य क्या हैं?...? कर्म क्या हैं? उसको हम यज्ञोपवीत कहते हैं, जो हमारे कन्धे पर रखा हुआ है। कर्म हमारे कन्धे पर रखा हुआ ह...
- वे कहती हैं कि तुम्हारे पास है और जिनको जरूरत है उनको दोगे नहीं?...? तो हम कहते हैं कि जरूर देंगे। जो मुसीबत में हैं और कहते हैं कि हमारी मुसीबत में हिस्सा नहीं बँटाएँगे...
- वे कहते थे कि तू क्या करेगा-नौकरी करेगा?...? अरे हमारा काम हर्ज हो रहा है और तू नौकरी के फेर में पड़ा है। हम लोगों को मुक्त करने आये हैं। हमारा ...
- वे कहते थे कि तू क्या करेगा, नौकरी करेगा?...? अरे हमारा काम हर्ज हो रहा है और तू नौकरी के फेर में पड़ा है। हम लोगों को मुक्त करने आए हैं। हमारा का...
- वे कहते हैं कि अभी तक हमने ऐसा देखा भी नहीं, पढ़ा भी नहीं तो हम आपको क्या दवा दें?...? कभी बाढ़ आ जाती है तो कभी सूखा पड़ता है। इसके अलावा आप देख रहे हैं कि सामूहिक बलात्कार, मारकाट, चोरी, ...
- वे कहते हैं कि आध्यात्मिकता का अर्थ इस आधार पर निकल करके आता है कि हम अपने दृष्टिकोण को परिवर्तित कर पाने में सक्षम हो पाए अथवा नहीं?...? वे कहते हैं कि आध्यात्मिकता सही अर्थों में तभी आ पाती है, जब व्यक्ति सामाजिक उत्थान, लोक कल्याण और द...
- वे कहाँ पैदा हुए?...? वे मथुरा में पैदा हुए, फिर गोकुल में बसे, वहाँ गाय चराई। उज्जैन में पढ़ाई-लिखाई की। दिल्ली में-कुरु...
- वे कहाँ बैठे रहते हैं?...? वहाँ तो कलम-दवात रखी रहती है। हाँ बेटे ! कलम-दवात तो रखी रहती है, पर वे मेरे दिमाग में बैठे रहते हैं...
- वे कहाँ मिलेंगे?...? सभी संस्थाओं के पास वेतन भोगी हैं। वे भी चिह्न पूजा करते हैं। हमें ऐसे जीवनदानी कहाँ से मिलेंगे, पर ...
- वे कहाँ रहते थे?...? हिमालय पर। कौन भी जगह? ऋषिकेश में। ऋषिकेश में वह पुराणों की कथाएँ कहते थे। शौनक जी पूछते थे और सूत ज...
- वे कहाँ रहते थे?...? हिमालय पर। कौन-सी जगह? ऋषिकेश में। ऋषिकेश में वह पुराणों की कथाएँ कहते थे। शौनक जी पूछते थे और सूत ज...
- वे कहाँ से आ गए?...? मैंने देखा कि मैं तो महात्मा गाँधी हो गया। मैंने महात्मा गाँधी को देखा था। जब वे इंग्लैंड में राउंड ...
- वे कहाँ से आती हैं?...? कहीं से नहीं आती, हमारे पड़ोसियों से आती हैं। हमारे घरवालों से आती हैं। हमारे मित्रों से आती हैं और ...
- वे कितने बड़े होते हैं?...? घोड़े के बराबर, हाथी के बराबर? नहीं वे बहुत छोटे होते है। ये छोटे-छोटे जर्म्स हमको इतना हैरान कर सक...
- वे कितने कला के थे?...? तीन कला के थे। रामचंद्र जी की कितनी कलायें थीं? बारह थीं। कलायें कितनी होती हैं। बेटे, पहले जमाने ...
- वे किस आधार पर घटित होती हैं?...? वे अनायास ही-व्यक्ति विशेष पर ही घटित होती हैं, या प्रयत्नपूर्वक वैसी स्थिति पैदा की जा सकती है? यह ...
- वे किस तरीके से रिस्क उठाते हैं?...? रिस्क उठाने में एक चीज की जरूरत है, जिसका नाम है—दिलेरी और हिम्मत। दिलेरी और हिम्मत बढ़ाने का एक तरी...
- वे किस तरीके से लाएँगे?...? व्यक्ति के रूप में अवतरित होकर? नहीं बेटे! भगवान जब कभी अवतार रूप में आते हैं तो व्यक्ति के रूप में ...
- वे किस तरीके से लाएँगे?...? व्यक्ति के रूप में अवतरित होकर? नहीं बेटे ! भगवान जब कभी अवतार रूप में आते हैं तो व्यक्ति के रूप में...
- वे किसके बने हुए था?...? वे हाड़-माँस के बने हुए थे। वे क्या खाते थे? यही दाल-रोटी खाते थे। कपड़ा क्या पहनते थे? यही सूत के, ...
- वे किसी का लड्डू और चूरमा खाने के लिए भूखे कहाँ थे?...? लेकिन महावीर स्थान, जो जगह-जगह सारे महाराष्ट्र में समर्थ गुरु रामदास के द्वारा बनाए गए, उसका एक ही...
- वे किसी का लड्डू और चूरमा खाने के लिए भूखे कहाँ थे?...? लेकिन महावीर स्थान, जो जगह-जगह सारे महाराष्ट्र में समर्थ गुरु रामदास के द्वारा बनाए गए, उसका एक ही उ...
- वे किसी का लड्डू और चूरमा खाने के लिए भूखे कहाँ थे?...? लेकिन महावीर मदिर, जो जगह-जगह सारे महाराष्ट्र में समर्थ गुरु रामदास के द्वारा बनाए गए, उसका एक ही उद...
- वे कीमती लोग कहाँ होंगे?...? हिन्दुस्तान में से कीमती लोग खत्म हो गये हों, ऐसी बात नहीं है। विचारशीलता अभी भी है और कहीं न कहीं...
- वे कैसे बनाते हैं?...? अभ्रक भस्म कैसे बनाते हैं? गटापार्चा, जो छदाम भर का होता है, दो पैसे का होता है, उसको हम जलाते हैं औ...
- वे कैसे लम्बे-लम्बे बाल बनाते हैं और बाल खड़े रखते हैं?...? आप क्या करना चाहते हैं? हम भी बाल खड़े रखेंगे? तो क्या हो जाएँगे? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस...
- वे कैसे लम्बे-लम्बे बाल बनाते हैं और बाल खड़े रखते हैं?...? आप क्या करना चाहते हैं? हम भी बाल खड़े रखेंगे? तो क्या हो जाएँगे? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस...
- वे कैसे होंगे?...? श्रवण कुमार जैसे होंगे, जो माता-पिता को काँवड़ में बिठाकर के कन्धे पर लेकर तीर्थयात्रा कराने ले गए थ...
- वे कौन थे?...? जवान आदमी और राजगोपालाचार्य? राजगोपालाचार्य की जब मृत्यु हुई थी, तो वे अस्सी वर्ष को भी पार कर गए ...
- वे कौन थे?...? वे शंकर भगवान थे। हिन्दुस्तान में भी कोई इस तरह का शंकर भगवान हुआ है? एक दिन हम आपको बाबा साहब आप्टे ...
- वे कौन थे?...? श्रेष्ठ काम के लिए जिसमें मुसीबत दिखाई पड़ती हो, जिसमें घाटा दिखाई पड़ता हो, जिसमें नुकसान दिखाई प...
- वे कौन थे?...? वे लोग 'वसुधैव कुटुम्बकम्' की भावना को लेकर के गए कि हमारे पास जो भगवान ने दिया है, उसे हम बाँटें। ज...
- वे कौन से आविष्कार थे, जो उन्होंने किए थे?...? वे थे उनके चीवरधारी भिक्षु, परिव्राजक। परिव्राजक कौन होते हैं—घुमक्कड़? नहीं बेटे! तो लोहे की गाड़ी ...
- वे कौन से पहलू छिपे हुए पड़े हैं?...? उनमें से एक है देवदक्षिणा। देवदक्षिणा क्या है? देवदक्षिणा हमारा प्राण है। पुराने जमाने में पण्डित आते...
- वे कौन हैं जिन्होंने हमको खरीद करके रखा है?...? वे हमारे खानदान वाले लोग हैं और हमारी औलाद वाले लोग हैं। जिनके इशारे पर हमको चलना है, जिनके हम खरी...
- वे कौन हैं?...? ये सब वे आदमी हैं जो आज की सुख-सुविधाओं को ध्यान देते हैं और यह भूल जाते हैं कि हमारा भविष्य क्या हो...
- वे कौन हैं?...? बेटे, वे दैत्य हैं। किसी के प्राण निकल रहे हैं, किसी बकरे का सिर काटा जा रहा है, बकरी का सिर काटा ज...
- वे कौन हैं?...? ये तपस्वी लोग हैं।
यह तपस्या का बहिर्मुखी क्रियाकलाप के बारे में बताया था कि योग का बहिरंग क...
- वे कौन- कौन व्यक्ति थे?...? बेटे, उनमें से एक का नाम रावण था। रावण ने बहुत तप किए थे और तप करने की वजह से शंकर जी को प्रसन्न कर ...
- वे कौन- कौन से उद्देश्य हैं?...? शंकर भगवान की शक्ल आपने देखी होगी। उस शक्ल के हर हिस्से के पीछे आपको कुछ उद्देश्य दिखाई पड़ेंगे। कु...
- वे कौन-कौन व्यक्ति थे?...? बेटे, उनमें से एक का नाम रावण था। रावण ने बहुत तप किए थे और तप करने की वजह से शंकर जी को प्रसन्न कर ...
- वे कौन-कौन सी तीन धाराएँ हैं?...? बेटे! ये तीनों धाराएँ वो हैं, जो हमारी चेतना से ताल्लुक रखती हैं। इनमें से एक हमारे कर्म से सम्बन्ध रख...
- वे कौन-कौन से बन्धन हैं?...? उनमें से एक का नाम है-लोभ एक का नाम है-मोह और एक का नाम है-अहंकार ये तीन हमारे शत्रु हैं। गीता के ...
- वे क्या खाते थे?...? विटामिन बी-काम्प्लेक्स खाते थे? फिर क्या करते थे? तपस्वी थे। उनकी यह तपस्या की शक्ति थी। तप की श...
- वे क्या खाते थे?...? यही दाल-रोटी खाते थे। कपड़ा क्या पहनते थे? यही सूत के, ऊन के कपड़े पहनते थे। फिर देवमानव कैसे हुए?
...
- वे क्या चलाते थे?...? मोटर? नहीं बेटे, उस समय मोटर कहाँ थी। घोड़े थे। घोड़ों की लीद उठाते थे। धत् तेरे की! इससे तो गुरुजी ...
- वे क्या थे?...? बुद्ध ऐसे क्रान्तिकारी थे, ऐसे संघर्षशील योद्धा थे कि उन्होंने जहाँ कहीं भी अवांछनीयता देखी, हमला ...
- वे क्या बातें थीं?...? वे उनसे भिन्न बातें थीं, जो मालवीय जी ने बताई थीं। भिन्न थीं? हाँ, बेटे भिन्न थीं। उन्होंने अलग बाते...
- वे क्या मानव थे?...? नहीं, वे सभी देवता थे।मित्रो! श्रीकृष्ण भगवान ने सारा काम अकेले नहीं किया था। गोवर्धन उठाने से लेक...
- वे क्या हैं, क्या करना चाहते हैं, इसे उनके अलावा कौन समझे?...? वे स्वयं अपने बारे में कहें, तो शालीनता टूटती है, यदि न बताएँ तो लोगों तक सत्य कैसे पहुँचे? इसलिए वे...
- वे क्या हैं?...? आठ-दस तो वे हैं, जो पोस्ट ग्रेजुएट हैं, पी. एच.डी. हैं, मेडिकल के एम. बी. बी. एस. हैं, एम. एस. हैं, ...
- वे क्या हैं?...? ‘सवितुः, वरेण्यं, भर्गो, देवस्य’—बस यही चार नाम हैं इसमें। इन चार नामों में क्या है? चार शिक्षाएँ है...
- वे क्या हैं?...? आठ-दस तो वे हैं, जो पोस्ट ग्रेजुएट हैं, पी-एच० डी० हैं, मेडिकल के एम०बी०बी०एस० हैं, एम०एस० हैं, एम०ड...
- वे क्यों लड़ाई लड़ना चाहते थे?...? ये लड़ाई बिना सिर-पैर की थीं। इसमें न कोई इन्साफ की, न इनसानियत की और न ही आजादी की लड़ाई थी, यह तो के...
- वे गुरुजी से बोलीं, ‘‘गुरु जी, हमने कौन सा पाप किया जो हमारा सारा सामान चोरी हो गया?...? ’’ इस पर गुरुजी ने पहले उन्हें थोड़ा समझाया फिर मजाक करते हुए कहने लगे, ‘‘राम के जमाने में तो रावण सी...
- वे चारों ओर देखते रहते हैं कि हमारा पिछड़ा हुआ समाज, हमारा दुखियारा समाज, हमारा गया गुजरा समाज अगर दुखी है तो हमको किस तरीके से गुजारा करना चाहिए?...? हमें औसत भारतीय ढंग का जीवनयापन करना चाहिए। औसत भारतीय जिस तरह से जीवनयापन करता है, हमारा खरच भी उसी...
- वे टाँगें क्या हैं?...? वे कदम क्या हैं? लेफ्ट और राइट हैं।
लेफ्ट और राइट के तरीके से करते हुए, सिपाही से लेकर के सामान्...
- वे तब तक अच्छी नहीं हो सकती, जब तक आदमी आध्यात्मिकता के रास्ते पर लौटकर नहीं आएगा, तब तक आदमी का पिंड बीमारियों से नहीं छूटेगा और घर का नरक?...? बेटे घर का नरक भी दूर नहीं हो सकता। अगले दिन और खराब होंगे गुरुजी! हमारे घर का नरक तो दूर हो जाएगा। ...
- वे तरीके क्या हैं?...? जिससे कि आप में से हरेक आदमी वही फायदे उठा सकता है, जो फायदे हमने उठाए। हमने भरपूर इज्जत पाई है और ज...
- वे तेरे तरीके से ऐसे ही फालतू बैठे रहते हैं?...? घंटरिया बजा दी और वे आ गये। फिर दुबारा घंटी बजायी। किसको बुला रहे हैं? हनुमान जी को बुला रहे हैं। ...
- वे दुनिया में किस काम के लिए अवतार लेते रहे हैं?...? देवता दुनिया में किस काम के लिए आते रहे हैं? वे केवल एक काम के लिए आते हैं—श्रेष्ठ कामों के लिए सहाय...
- वे दुनिया में किस काम के लिए अवतार लेते रहे हैं?...? देवता दुनिया में किस काम के लिए आते रहे हैं? वे केवल एक काम के लिए आते हैं-श्रेष्ठ कामों के लिए सहाय...
- वे दो पाँव कौन से हैं?...? अपूर्णता से पूर्णता को प्राप्त करने के लिए जीवभाव को समाप्त करके, ब्रह्मभाव तक जा पहुँचने के लिए कौन...
- वे धर्म-प्रसंग में तो हस्तक्षेप नहीं करते, पर यह अवश्य ध्यान रखते हैं कि जनता के दिए हुए तथा शासन से मिले धन का उपयोगी प्रयोजनों में ही खर्च किया जाता है या नहीं?...? कहीं अपव्यय तो नहीं होता?
थाईलैंड कृषि-प्रधान देश है। वहाँ ८४ प्रतिशत लोग खेती करते हैं, पर वे अ...
- वे नहीं मिलते तो उनके कहने के मुताबिक यह अन्धविश्वास सही है?...? और जो विश्वासी हैं वे कहते हैं कि ऋषियों को, शास्त्रकारों को, आप्त पुरुषों को जिन्होंने अध्यात्म के ...
- वे नाराज हुए और कहने लगे कि आप लोग क्या करते रहे?...? आप लोगों ने इंजेक्शन क्यों नहीं लगाये? क्या करें साहब? यहाँ कोई आता ही नहीं है? कोई नहीं आता? गाँव...
- वे नुकसान में रहे?...? क्या नुकसान में रहे आप बताइए? किसी एक का नाम तो बताइए।गाँधीजी ने वकालत की होती तो वकालत में कितना कम...
- वे परीक्षाएँ थीं, सो पूरी हो जाने पर लौटते समय कठिनाइयों का सामना करना भी क्यों पड़ता?...? हम एक वर्ष बाद घर वापस लौट आए। वजन १८ पौंड बढ़ गया। चेहरा लाल और गोल हो गया था। शरीरगत शक्ति काफी बढ़ी...
- वे पहलवान के पास गए और यह देखा कि पहलवान क्या किया करता है?...? उसे दण्ड पेलते हुए देखा और बैठक करते हुए देखा। यह देखकर कई आदमियों ने दण्ड पेलना और बैठक करना शुरू कर ...
- वे पूजा-उपासना को, अध्यात्म को कहाँ जानते हैं?...? वे तो हरिद्वार का तमाशा देखने और ऋषिकेश का तमाशा देखने के लिए बेकार में आ जाते हैं और ऊपर से कहते ...
- वे बच्चे के निराहार की कल्पना से त्रस्त हो उठेंगे और खाना न सही खाने की बातें करके ही अपना और सबका मन बहलायेंगे, क्या तुम्हें भूख तो नहीं लगी मुन्ने?...? जरूर लगी होगी। कल डाक्टर साहब से जरूर खाने के लिए कहेंगे आज और धीरज रखो कल फिर खूब अच्छी अच्छी यह ची...
- वे बच्चों को स्वयं बाजार ले जाते हैं और अच्छे से अच्छे कपड़े खुद उनसे पसन्द करा कर खरीदते हैं, फिर वे चाहे कितनी ही कीमती, कमजोर और अनुपयोगी क्यों न हो?...? अभिभावकों की इस दुर्बलता से दुकानदार खूब लाभ उठाते हैं। वे बच्चों की पसन्द के कपड़ों का अच्छा खासा मू...
- वे बहादुर थे, लेकिन थोड़े दिनों बाद क्या हुआ?...? कुछ लोगों ने- कैसे लोगों ने? जैसे हम और आप लोगों ने बुद्ध की ऐसी मिट्टी पलीद की कि भगवान करे कोई ऐ...
- वे बहुत दुखी हुए और बोले—"अब तो सवेरा हो गया, ऐसे में नंगे घर कैसे जाएँगे?...? फटे हुए कपड़े पहनकर कैसे जाएँगे?" इसलिए वे पास वाली एक झाड़ी में जाकर छिप गए और सोचा कि शाम को अँधेर...
- वे बेचारे क्या कर पाते?...? कुछ नहीं कर सकते थे। आदिमकाल में बड़े-बड़े सरीसृप, हाथी और बड़े-बड़े गज थे। बहुत तो अस्सी-अस्सी फीट तक ऊ...
- वे बोले, ‘‘छत पर सफेद धोती-कुर्ते वाला कौन है?...? ऊपर जाने का रास्ता किधर है?’’ और घर के एक व्यक्ति को आगे करके वे सीढ़ियों की तरफ गये। वे सीढ़ियाँ चढ़ ह...
- वे बोले, ‘‘मेरा यह शरीर तुम लोगों के चरित्र, चिन्तन और व्यवहार से बना है और तुम लोग इस मामले में दुबले पड़ रहे हो, आगे देखता हूँ?...? ’’
बड़ा विलक्षण प्यार था उनका।लोकेश नाम का एक कार्यकर्ता जिसको गुरुजी ने देश-विदेश के कई स्थानों पर ...
- वे बोले-और तो सब ठीक है पर यहाँ पूरी तरह काम नहीं मिलता-हैरान गवर्नर ने पूछा-यहाँ दूसरे लोग काम से जी-चुराते हैं तब भी आप काम क्यों करना चाहते हैं?...? उन्होंने उत्तर दिया-इसलिये कि कहीं मेरी जीवनी शक्ति नष्ट न हो जाये? गवर्नर बड़ा प्रभावित हुआ। यह व्यक...
- वे भगवान की बात पर यकीन नहीं करते और मूर्ति-पूजा को नहीं मानते, लेकिन उनका लाल झण्डा क्या है?...? लाल झण्डे को अगर हम फाड़कर फेंक दें और लाल झण्डे को हम उनके सामने जलाएँ तो वह कम्युनिस्ट हमसे लड़ने आय...
- वे भला उसका क्या करते?...? अतः उन्होंने किसी दरिद्र को यह रुपया देने का विचार किया। कई दिन तक वे तलाश करते रहे, लेकिन उन्हें को...
- वे मरघट में क्यों रहते हैं?...? इसका मतलब है कि हमको जिन्दगी और मौत- दोनों को जोड़कर रखना पड़ेगा। जिन्दगी के साथ में मौत को भी याद र...
- वे यह देखते हैं कि लोगों की माँग क्या है?...? जमाने की माँग क्या है? जमाना जो चीज माँगता है, हम वह बराबर देते हुए चले जाते हैं। जमाना बीड़ी माँगता...
- वे राक्षस नहीं हो सकते तो फिर बड़े दाँत वालों को और काले चेहरे वालों को आपने कैसे राक्षस बता दिया?...? राक्षस सींग वाले होते हैं। सींग तो साहब गाय के होते हैं, तो गाय हो गई—राक्षस? अरे महाराज जी! आप क्या...
- वे राक्षस नहीं हो सकते तो फिर बडे दाँत वालों को और काले चेहरे वालों को आपने कैसे राक्षस बता दिया?...? राक्षस सींग वाले होते हैं। सींग तो साहब गाय के होते हैं, तो गाय हो गई राक्षस? अरे महाराज जी! आप क्या...
- वे राजा के बेटे थे?...? नहीं राजा के बेटे नहीं थे। बिल्कुल जागीरदार की छोटी स्थिति के आदमी थे।
आध्यात्मिक शक्ति का भौतिक ...
- वे रूखी रोटी खाते रहें और हम सन्तरे का रस पिएँ, यह कैसे हो सकता है?...? बेटे, उलटी हो गई।...
- वे रेलवे लाइन पर खड़े हुए सिगनल की तरीके से हैं जो हमको यह बताते हैं कि हमको कहाँ चलना चाहिए और कहाँ जाना चाहिए?...? मूर्ति को आप मानकर चलेंगे कि ये सब सामर्थ्यवान हैं और ये सर्व-समर्थ हैं तो हम नाराज होंगे आपसे और जब...
- वे लोग मुझे कभी-कभार कह भी देते थे कि अकेली वारिस हो, कोई मार डाले तो?...? पर मेरे मन में शंका तो दूर ऐसा कोई ख्याल भी नहीं आया कि इनकी बात में कोई सच्चाई भी हो सकती है।
सन् ...
- वे लड़ने नहीं गए तो क्या, लेकिन ऐसी शक्ति भर दी जिससे वह न जाने क्या से क्या कर सका?...? यह काम आप भी कर सकते हैं यदि आपके पास गायत्री की शक्ति हो तब। लेकिन उस शक्ति को हम भूल गए। प्राचीनका...
- वे विचार करने लगे कि अब क्या करना चाहिए?...? यहाँ से एक नया अध्याय प्रारम्भ होता है और पहला अध्याय समाप्त होता है। किसका? शृंगी ऋषि का। मंत्र कि...
- वे विज्ञान से पूछते हैं-क्या मनुष्य ब्रह्माण्ड की कुछ धूलि का ताप और रासायनिक घटकों की औंधी सीधी क्रिया-प्रक्रिया मात्र है?...? क्या वह प्रकृति की किसी अनिच्छित क्रिया के अवशेष उच्छिष्ट से बना खिलौना मात्र है? क्या मानव जीवन वस्...
- वे व्यक्ति जिनके भीतर आध्यात्मिकता का प्रकाश आ गया है, वो व्यक्ति हम कहाँ से लायें?...? हमें बड़ी कठिनाई होती है कि हम ऐसे व्यक्ति कहाँ से लायें जो अपनी जिन्दगी का एक महत्त्वपूर्ण हिस्सा ल...
- वे सत्य की आड़ लेते हैं?...? हाँ बेटे। वे सत्य की आड़ लेते हैं। उदाहरण के लिए दूध बेचने वाले की दुकान पर लिखा होता है—‘‘हमारी दुका...
- वे सब आपका तमाशा देखने के लिए आते हैं और यह देखने के लिए आते हैं कि आपको कुछ कहने की तमीज है कि नहीं और कुछ कहने की अकल है कि नहीं?...? कहने का आपने अभ्यास किया है कि नहीं और आप कह पाते हैं कि नहीं? सर्कस वाले जो आदमी होते हैं, वे सीख...
- वे सब आपको नहीं मिले?...? नहीं, हमको नहीं मिले। तो कौन खा जाता है? वे सब पंडे-पुजारी खा जाते हैं। हम तो दरवाजे पर भिखारी के रू...
- वे सब विदुषी विश्वावारा के समीप गईं और पूछने लगी-“अथ स रामभद्रः किमाचार:?...? " अर्थात भद्रे ! अब रामचन्द्र क्या करते हैं?
"तेन राज्ञा राजक्रतुरश्वमेधः प्रकान्तः" अर्थात हे आर्...
- वे सभी कहते थे कि आप बेवकूफी का कदम उठा रहे हैं, लेकिन 'बेवकूफी का कदम' उठाने वालों ने समय को देखा, जाना और जानने के बाद में क्या-से-क्या हो गए, आपने देखा?...? एक छोटा-सा वकील वल्लभभाई पटेल क्या-से-क्या बन गया? हिन्दुस्तान का गृहमंत्री। छोटा-सा मौलाना अबुल कलाम...
- वे सभी कहते थे कि आप बेवकूफी का कदम उठा रहे हैं, लेकिन बेवकूफी का कदम उठाने वालों ने समय को देखा, जाना और जानने के खाद में क्या से क्या हो गए, आपने देखा?...? एक छोटा सा वकील वल्लभ भाई पटेल क्या से क्या बन गया? हिन्दुस्तान का गृहमंत्री। छोटा सा मौलाना अबुल कला...
- वे समझते थे कि गरीबी किसे कहते हैं?...? कंगाली किसे कहते हैं? इसलिए गरीबी और कंगाली में जी रहे बच्चों की सहायता के लिए उन्होंने निश्चय किया ...
- वे सिद्धपुरुष थे कि नहीं थे?...? हाँ साहब! वे अपने जमाने के सिद्धपुरुष थे। नहीं साहब! तमाशा दिखाइये। क्या तमाशा दिखायें? गाँधी जी को ...
- वे सिर पर हाथ रखकर बैठे होंगे और कह रहे होंगे कि मैं किस तरीके से छलाँग लगाऊँ?...? समुद्र तो बड़ा लम्बा है। सीता की खबर मैं किस तरीके से लगाऊँ? जिस तरीके से जामवंत ने कहा- ‘‘हनुमान! ...
- वे सोचते हैं संसार में इतनी विकृतियाँ हैं, समस्या इतनी विकराल हैं या हजारों लोग बाढ़ की चपेट में आ गए हैं हम क्या कर सकते हैं?...? सेवा कार्य तो आरम्भ हुआ नहीं कि उसके परिणाम पर दृष्टि पहले गयी।...
- वे स्वयं अपने बारे में कहें, तो शालीनता टूटती है, यदि न बताएँ तो लोगों तक सत्य कैसे पहुँचे?...? इसलिए वे शालीनतापूर्वक हलके से; किन्तु स्पष्ट संकेत भर कर देते हैं। शेष बात समझदारों पर छोड़ देते हैं...
- वे स्वयं ही बन जाते तो?...? नहीं।
सन्त कभी स्वयं नहीं बनता। सन्त तो दूसरों को बनाता है। स्वयं परदे के पीछे काम करता है। परदे ...
- वे सड़े, घुने और बास वाले तो नहीं हैं?...? आटा या तो स्वयं घर पर हाथ की चक्की से तैयार कीजिए अथवा कराइए। बिजली की चक्की में पिसा आटा प्राणशक्ति...
- वे हमारे सामने नहीं बनेंगे, तो कब बनेंगे?...? इनको बनना चाहिए। बेटे! गुरुजी कई बार अपने भाषण में कड़क बात कह देते हैं। शायद आपने सुना भी होगा।
...
- वे हमें देखते ही मानो डाँटते हुए से बोले, ‘‘बेटा जयंतिलाल, गाँव वाले तेरा क्या बिगाड़ लेंगे, जो मैं तेरे साथ हूँ?...? गाँव वालों से तुम इतना डरते क्यों हो? मेरे रहते तुम्हारा बाल भी बाँका नहीं हो सकता। चिन्ता मत करना।’’...
- वेजीटेरियन और नानवेजीटेरियन में क्या फर्क होता है?...? लीजिए, यह खा लीजिए। बेटे! उसी चम्मच से वह मुरगे का माँस बना रहा है और उसी से सब्जी। इससे क्या फायदा ...
- वेट जानने में क्या करना पड़ता है?...? उनके गले में माला पहनानी पड़ती है और क्या करना पड़ता है? पैर छूने पड़ते हैं। पैर छूने के बाद में और म...
- वेट तौलने की मशीन से क्या मतलब है?...? बेटे, पैर छुइये और आशीर्वाद ले जाइये। माला चढ़ाइए और आशीर्वाद ले जाइये। आपकी दृष्टि से तो हमारी कीमत ...
- वेटर कौन होता है?...? वेटर उसे कहते हैं जो होटलों में चाय लाता रहता है। ऐ वेटर! हाँ साहब! क्या लाना है? कॉफी लाओ। अच्छ...
- वेतन कितना हो सकता है?...? गुजारा क्या हो सकता है? बिल्डिंगों का मेन्टीनेन्स क्या हो सकता है? आप समझते हैं। बहुत खरच होता है।
...
- वेद कैसे हैं?...? और वेदों का मूल हमारा कलमा, हिन्दू का कलमा क्या है? हिन्दू का कलमा एक है और वह है गायत्री मंत्र। हम ...
- वेद क्या हैं?...? वेदों के बारे में पुराणों के जो उपाख्यान हैं—उनमें से बताया गया है कि ब्रह्माजी ने सबसे पहले गायत्री...
- वेदांत क्या है?...? वेदांत का अर्थ है—नास्तिकवाद। नास्तिकवाद का अर्थ क्या होता है? नास्तिकवाद का अर्थ ये होता है कि भगवा...
- वेदांत क्या है?...? वेदांत का अर्थ है --नास्तिकवाद। नास्तिकवाद का अर्थ क्या होता है? नास्तिकवाद का अर्थ ये होता है कि भग...
- वेदान्त का, फिलॉसफी का पहला वाला सूत्र है, क्या सूत्र है?...? ब्रह्म-जिज्ञासा। पहला काम ये है कि आप जानिए। ये क्या चक्कर है? गायत्री माता की मूर्ति हो, तो आप ये प...
- वेदान्त का, फिलॉसफी का पहला वाला सूत्र है, क्या सूत्र है?...? ब्रह्म-जिज्ञासा। पहला काम ये है कि आप जानिए। ये क्या चक्कर है? गायत्री माता की मूर्ति हो, तो आप ये प...
- वेदान्त का, फिलॉसफी का पहला वाला सूत्र है, क्या सूत्र है?...? ब्रह्म-जिज्ञासा। पहला काम ये है कि आप जानिए। ये क्या चक्कर है? गायत्री माता की मूर्ति हो, तो आप ये प...
- वेदान्त क्या है?...? वेदान्त में भी उस भगवान् के धुर्रे उधेड़ दिये हैं। कौन सा वाला? जो पूजा लेता है और निहाल कर देता है। ...
- वेदियाँ कौन बनाएगा?...? हमको तो बनाना नहीं आता। जमीन पर चौरस वेदियाँ बनेंगी और उन्हीं पर हवन होगा। यज्ञशाला का सारा सामान हम...
- वेदों को और समझाइए?...? नहीं वेदों को हम पूरी तरह से नहीं समझा सकते। इसको कहानियों के माध्यम से-कथाओं के माध्यम से, पुराणों,...
- वेल्डिंग कर देने से क्या मतलब है?...? इसका मतलब है कि उसे तपा दिया गया है? तपा देने से क्या मतलब है? तपा देने से वही मतलब है, जो हम आपको...
- वेश्या किसे कहते हैं?...? उसे कहते हैं कि जब शरीर में ताकत न हो और पैसे में दम न हो तो दो लात देगी और भगा देगी।
बेटे! य...
- वेश्या कैसी हो जाएगी?...? सारी जिन्दगी जिसकी सेवा की थी, ठोकर मार देगी तुमको।
क्यों ठोकर मार देगी? क्योंकि पत्नी में और वेश...
- वेश्यावृत्ति भी जारी रखी जाए, चोरी भी जारी रखी जाए और काम भी जारी रखी जाएँ, भजन भी जारी रखा जाए?...? जारी रखा जा सकता है; पर उसकी शर्त ये है—राम नाम को लेने के पश्चात् में, फिर आपको वो काम नहीं करने चा...
- वेस्टन वॉच कंपनी की घड़ी के लिए लोग खड़े रहते हैं कि इस कंपनी की घड़ी कब आएगी?...? साहब! कोटा थोड़ा है। इस महीने तो नहीं, अगले महीने के लिए। आपका आर्डर नोट कर लेते हैं। आप अगले महीने ...
- वैकुण्ठ न मिलता हो तो क्या हर्ज की बात है?...? उन्होंने गंगाजल उतारा और गधे के मुँह में डाल दिया। गधे ने लम्बी साँस खींची और कहा कि एक घड़ा पानी और ...
- वैखरी वाणी कम हो जाएगी, तब पश्यन्ति वाणी, मध्यमा वाणी का उपयोग करेंगे ताकि हम ज्यादा काम कर सकें?...? बिना बातचीत किये ही ज्यादा काम कर सकते हैं तथा वातावरण को गर्म कर सकते हैं। बेटे! अरविन्द घोष ने, ...
- वैखरी वाणी कम हो जाएगी, तब पश्यन्ति वाणी, मध्यमा वाणी का उपयोग करेंगे ताकि हम ज्यादा काम कर सकें?...? बिना बातचीत किये ही ज्यादा काम कर सकते हैं तथा वातावरण को गर्म कर सकते हैं। बेटे! अरविन्द घोष ने, मह...
- वैज्ञानिक, दार्शनिक क्या करते हैं?...? शास्त्रकार, कलाकार क्या करते हैं? वे एक काम करते हैं—अपने विचारों की शक्ति का निग्रह करते हैं और एक ...
- वैज्ञानिकों ने इस तरह की मशीनें बना दी हैं और मनुष्य को इस तरह से सोचने पर मजबूर कर दिया है कि जब इस काम को मशीन कर लेती है तो वह उसे क्यों करे?...? लेकिन वह भूल जाता है कि अनेक तरह की परिस्थितियों के हिसाब के साथ अनेक तरह की नई धाराओं पर मशीन या कम...
- वैज्ञानिकों-आविष्कारों ने अपना मानस और समय, प्रमुखतापूर्वक निर्धारित लक्ष्य पर केन्द्रित न किया होता, तो सफलता की आशा कहाँ बन पड़ती?...? लोक सेवियों ने अपने समयदान के सहारे एक से एक बड़े कार्य सम्पन्न कर दिखाए हैं। धन न सही, पर समय को सा...
- वैराग्य क्या होता है?...? बेटे! वैराग्य यह होता है कि जिन चीजों में मन के भागने की बहुत आदत है, उन आदतों से उसको विरक्त कर दिय...
- वैराग्य क्या होता है?...? बेटे! वैराग्य -यह होता है कि जिन चीजों में मन के भागने की बहुत आदत है, उन आदतों से उसको विरक्त कर दि...
- वैसा अपने लिए क्यों नहीं हो सकता?...? जो काम एक कर सका उसे दूसरा क्यों नहीं कर सकता? इस प्रकार के विधेयक विचारों का सिलसिला यदि मनःक्षेत्र...
- वैसा क्यों रहेंगे?...? नहीं महाराज जी! भगवान पापियों का भी उद्धार करते हैं। पापियों का उद्धार कर देते हैं? हाँ, सैकड़ों आदमी...
- वैसा जीवन कहाँ आया है?...? हम चाहते हैं कि हम इनसान का जीवन जिएँ, ऋषि एवं सन्तों का जीवन जिएँ, मानवता का जीवन जिएँ तथा देश एवं...
- वैसा ही जैसा कि बाराती गाते हैं, फूल चढ़ा देते हैं?...? चावल चढ़ा देते हैं, अक्षत चढ़ा देते हैं। गायत्री मंत्र बोल लेते हैं। यह क्यों है? बेटे! बालकों की गायत...
- वैसे तो घर में ऑफिस से आते हैं तो जरा सा करके ऐसा मुरझा जाते हैं कि जाने क्या हो गया हो?...? यहाँ क्यों नहीं हो रहा है? घर क्यों लगता है? इसलिए लगता है कि व्यक्तिगत जीवन नहीं है, यह परोपकार वाल...
- वैसे तो घर में ऑफिस से आते हैं, तो जरा-सा करके ऐसा मुरझा जाते हैं कि जाने क्या हो गया हो?...? यहाँ क्यों नहीं हो रहा है? घर क्यों लगता है?
इसलिए लगता है कि व्यक्तिगत जीवन नहीं है, यह परोपकार ...
- वैसे तो लोग अन्य मदों में ढेरों पैसा खरच कर देते हैं, तो महीने भर में एक जनेऊ पर खरच क्यों नहीं कर सकते हैं?...? उससे क्या आफत आ जाएगी? अत: हमको यज्ञोपवीत की स्थापना करनी पड़ेगी और हम उसे व्यापक आन्दोलन के रूप में ...
- वैसे तो लोग अन्य मदों में ढेरों पैसा खर्च कर देते हैं, तो महीने भर में एक जनेऊ पर खर्च क्यों नहीं कर सकते हैं?...? उससे क्या आफत आ जाएगी? अतः हमको यज्ञोपवीत की स्थापना करनी पड़ेगी और हम उसे व्यापक आह्वान के रूप में ब...
- वो अपना काम छोड़कर आपके पास कैसे आएँगे?...? इसलिए एक ही तरीका है सत्संग का, यों सत्संग बहुत ही शानदार चीज है, उसका तरीका है — स्वाध्याय। आप (कि)...
- वो आते हैं न, क्या नाम है उनका?...? वो आते हैं न, सफेद पैंटवाले साहब। सफेद पैंट वाले साहब से कहना—वो अस्पताल भी चलाते हैं। हम तो जानते न...
- वो इतने मोटे कैसे हो जाते हैं, मजबूत कैसे हो जाते हैं और बंगाल वाले कैसे कमजोर रह जाते हैं?...? वातावरण का सवाल है। संसार का वातावरण भी एक असर रखता है। बीमारों को वहाँ सेनीटोरियम में ले जाते हैं न...
- वो उसके आदमी हैं, क्या करना चाहिए?...? ये तो मैं निवेदन कर रहा हूँ आपसे, क्या करना चाहिए?
आपको तीन बन्धनों से अपने आपको छुटकारा पा लेना च...
- वो कच्चा था तो क्या हुआ?...? कच्चे में पानी नहीं ला सकता। नहीं स्वामी! कच्चे में पानी कैसे रखा जा सकता है? गुरुदेव! आप तो ज्ञानी ...
- वो कहाँ गईं?...? उसी स्थान पे थीं जहाँ शान्तिकुञ्ज बना हुआ है। एक धारा यहाँ बहा करती थी, बन्धा लगा करके यहाँ से उस धार...
- वो कहाँ था अयोध्या में बताइए, अयोध्या में तो राजपाठ होता था, लड़ाई-झगड़े होते थे, मुकदमे होते थे, दूसरी बातें होती थीं पर वहाँ तप का वातावरण कहाँ था?...? हजारों वर्षों से तप जिन ऋषियों ने किया है उससे हिमालय का वातावरण बन गया इसीलिए रामचन्द्रजी को गुरु व...
- वो किस तरीके से किए?...? इसमें हमारा अकेले का साहस, हमारा अकेले का पराक्रम और अकेले का हमारा शौर्य काफी नहीं है। हमारी अकेले ...
- वो कौन आदमी था?...? जवान आदमी था।और विनोबा कौन हैं मित्रो! जवान आदमी। और गाँधी जी अस्सी वर्ष के करीब पहुँच गए थे। वो क...
- वो कौन खाता था?...? काली। कानी नहीं, काली क्या खाएगी, वो तो पत्थर की बनी हुई है। पत्थर कोई खा सकता है रोटी? कौन खाता था?...
- वो कौन थे?...? जवान आदमी। जवाहरलाल नेहरू चौहत्तर-पिचहत्तर वर्ष के थे, जब उनकी मृत्यु हुई। तब वे कौन थे? जवान आदमी...
- वो कौन है?...? जो हमारा विश्वास है। आदमी का विश्वास कितना जबरदस्त है? आदमी का विश्वास कितना बड़ा है? न जाने क्या-से ...
- वो कौन हैं?...? वो भगवान् हैं। कौन? श्रीकृष्ण भगवान्! हम तो वहाँ जाएँगे और हम तो श्रीकृष्णजी को पूजेंगे। श्रीकृष्ण इ...
- वो क्या करते थे?...? गुरुजी! वे दोनों ऐसे लड़े कि बेचारी गेहूँ की फसल और धान की फसल को चौपट करके धर दिया। लड़ते-लड़ते वे ...
- वो क्या करते थे?...? गुरुजी! वे दोनों ऐसे लड़े कि बेचारी गेहूँ की फसल और धान की फसल को चौपट करके धर दिया। लड़ते-लड़ते वे ...
- वो क्या चीज थी, जो आँखों से नहीं देखी?...? उन्होंने कहा कि आपने हमारे
आहार-विहार, संयम और ब्रह्मचर्य के बारे में गौर नहीं किया। हम अपने आहार-व...
- वो क्या चीज थी, जो आँखों से नहीं देखी?...? उन्होंने कहा कि आपने हमारे आहार- विहार, संयम और ब्रह्मचर्य के बारे में गौर नहीं किया। हम अपने आहार- ...
- वो क्या थी?...? काली थी रामकृष्ण परमहंस की श्रद्धा, जो पत्थर में पूँजीभूत होकर के, पत्थर से टकरा करके, गूँज करके इतन...
- वो क्या है?...? प्रकाश का ध्यान। प्रकाश का ध्यान यूनीवर्सल है, इसमें सब एक मत हैं। ईसाइयों में इसे 'लेटेंट गॉड' ...
- वो क्या है?...? वो है इन्सानी जिन्दगी। आदमी का जन्म इतना बड़ा सौभाग्य है कि आप इसकी कल्पना नहीं कर सकते। चूँकि आपको म...
- वो क्या हो गया है?...? आपकी उपासना के अन्दर वो प्राण नहीं है, जीवन नहीं है, केवल कृत्य है। इसके अन्दर प्राण न रहने की वजह...
- वो क्यों नहीं किया?...? कौन-सा? शंकरजी के भीतर जो शिक्षाएँ भरी पड़ी हैं और जो प्रेरणाएँ भरी हैं, वो क्यों नहीं सीखीं आपने? भू...
- वो जो पहले भरा था आपके अन्दर, कौन रहता था?...? चांडाल रहता था पहले। अब उसे तो गुरुजी ने मार डाला। अब आपके शरीर में हम कोई और आ गए हैं। हम भले आदमी ...
- वो ज्ञान कहाँ है?...? वो आध्यात्मिक ज्ञान है। आध्यात्मिक ज्ञान कहाँ है? हमारे पास है और किसी के पास नहीं है। नहीं साहब वहा...
- वो तीन खड़े रहे, हमें क्या लेना-देना?...? शूद्र की पिटाई हो रही है, चलो ठीक है। इसको रस्सी से बाँध दो, ठाकुर साहब! चमार है बाँध दो। उस शुद्र क...
- वो तो और भी अच्छा है, आप वहीं क्यों नहीं करते?...? मित्रो! आप नकद धर्म को ग्रहण कीजिए और उसकी कीमत चुकाइए। नकद धर्म कैसा होता है? जो ध्यान हम आपको सिखा...
- वो तो बहुत दूर रहते हैं, बहुत दूर रहने से क्या मतलब है?...? उनकी प्रेरणा तो विद्यमान है, उनका प्रकाश तो विद्यमान है, उनकी शिक्षाएँ तो विद्यमान हैं, उनके ग्रंथ त...
- वो तो सब कुछ ठीक है आपका, लेकिन जप-पूजन किस काम के लिए किया जाता है, वह काम आपने क्यों नहीं किया?...? तो आपको रिझाने के लिए कौन-सा काम किया जाता है? नाच-कूद करते तो हैं। भगवान को रिझाने के लिए नाच-कूद क...
- वो तो सब कुछ ठीक है आपका, लेकिन जप-पूजन किस काम के लिए किया जाता है, वह काम आपने क्यों नहीं किया?...? तो आपको रिझाने के लिए कौन सा काम किया जाता है? नाच-कूद करते तो हैं। भगवान को रिझाने के लिए नाच-कूद क...
- वो बहुत दूध देने वाली गाय का अगर दूध आप लोग दुहें, लेकिन जिस बर्तन में आप दुहें उसमें सूराख हों, छेद हों तब, तब फिर क्या होगा बताओ?...? तब शिष्यों ने कहा — महाराजजी वो दूध तब फिर छलनी में रुकेगा थोड़े ही। दुहनी में अगर सुराख हैं, नीचे (...
- वो भगवान् सिखाएगा, तो भगवान से किस तरह से सीखा जा सकता है?...? भगवान की कोई शक्ल भी नहीं है, भगवान् का कोई स्वरूप भी नहीं है, भगवान् का कोई गाँव भी नहीं है, भगवान्...
- वो याद है?...? वो कौन खाता था? काली। कानी नहीं, काली क्या खाएगी, वो तो पत्थर की बनी हुई है। पत्थर कोई खा सकता है रो...
- वो सिद्ध देवी थी?...? हाँ, वो सिद्ध देवी थी? काली किसकी थी? रामकृष्ण परमहंस की काली थी। फिर क्या हुआ उस काली का? क्या हुआ!...
- वो स्वयं भी इसको सीखने के लिए इच्छुक न हों, सीखना नहीं चाहें, अध्यापक और अभिभावकों के कार्य में सहयोग नहीं करें, उच्छृंखलता ही बरतें, मनमानी ही बरतें, किसी की सुनें ही नहीं और मनमर्जी का व्यवहार करें, तो बेचारे अध्यापक भी क्या कर सकते हैं?...? ये तीनों वर्गों में बँटा हुआ है— व्यक्तित्व का निर्माण शिक्षा की व्यवस्था, भावी जीवन का उन्नयन और अप...
- वो हमको नापसन्द है और रामचन्द्रजी से कभी मुलाकात हुई तो हम सबसे पहली बात ये बताएँगे कि आप तो मर्यादाओं की स्थापना करने के लिए आये थे, फिर आपने ये गलती क्यों कर डाली?...? आपकी देखा−देखी दूसरे लोग छिपकर के मारने लगेंगे, तो दुनिया में मुसीबत खड़ी हो जाएगी और मर्यादाएँ भंग ह...
- वो हमने कितनी बार बताया और अक्षत क्या सिखाता है?...? कितनी बार बताया। जल क्या सिखाता है? जल सिखाता है हमारा श्रम और हमारा पसीना श्रेष्ठ कामों के लिए और श...
- वो हमारी शक्ति, वो हमारी माँ कहाँ बैठेगी?...? मैं तो उस बेटे के यहाँ बैठूँगी। जो कहे हाँ माँ, आपके लिए हमारा दरवाजा खुला है। जो समर्पित हो और कहे ...
- वो हमारी शक्ति, वो हमारी माँ कहाँ बैठेगी?...? मैं तो उस बेटे के यहाँ बैठूँगी, जो कहे हाँ माँ, आपके लिए हमारा दरवाजा खुला है। जो समर्पित हो और कहे ...
- वो, जिसके ऊपर रशिया वालों के साथ राकेश शर्मा गया था, वो चन्द्रमा?...? वो चन्द्रमा बहुत बड़ा है और वो पृथ्वी का चौथाई या पाँचवाँ हिस्सा है। बहुत बड़ा है और बहुत भारी है। इतन...
- वोट देने का यदि हमारा यही क्रम रहा तो मैं यह पूछता हूँ कि फिर हमको अच्छी गवर्नमेण्ट सरकार कैसे मिल सकती है?...? अच्छी सरकार कभी नहीं मिल सकती।...
- वोट देने का यदि हमारा यही क्रम रहा तो मैं यह पूछता हूँ कि फिर हमको अच्छी गवर्नमेण्ट सरकार कैसे मिल सकती है?...? अच्छी सरकार कभी नहीं मिल सकती।...
- वोटरों को समझाना पड़ेगा कि उनको अपना प्रतिनिधि किन्हें चुनना चाहिए?...? उनको वोट किन सिद्धान्तों के लिए देना चाहिए? जात-बिरादरी के नाम पर नहीं, मेल-मुलाकात के नाम पर नहीं, क...
- वोटरों को समझाना पड़ेगा कि उनको अपना प्रतिनिधि किन्हें चुनना चाहिए?...? उनको वोट किन सिद्धान्तों के लिए देना चाहिए? जात-बिरादरी के नाम पर नहीं, मेल-मुलाकात के नाम पर नहीं, क...
- व्यक्ति को कैसा होना चाहिए?...? व्यक्तिगत जीवन का परिष्कार कैसे होना चाहिए? यह हम रामायण के द्वारा लोगों को सिखा देंगे, यह हमें पू...
- व्यक्ति अपने आपमें स्वर्ग में रहता हुआ अनुभव करेगा और सारे समाज में शान्ति आएगी, अगर व्यक्ति का स्तर ऊँचा हो जाए तब?...? विचार शैली बदलेइसलिए हमारे लिए सबसे बड़ा काम मनुष्य जाति की सेवा का यह है कि आदमी की विचार करने की शै...
- व्यक्ति कमाये कुछ भी, पर ध्यान इतना अवश्य रखें कि उसमें अनीति का, मुफ्तखोरी का समावेश तो नहीं हो रहा है?...? उस उपार्जन को भी निजी स्वामित्व के अन्तर्गत ही समझ लिया जाये। ध्यान इस बात का भी रखा जाये कि मनुष्य ...
- व्यक्ति कहीं भी रहे धरती भी वही रहेगी और काया भी वैसी ही, इससे क्या फर्क पड़ता है?...? महत्ता क्रिया की है। आत्मविज्ञानी जानते हैं कि मानवी सत्ता के स्थूल, सूक्ष्म और कारण तीन शरीर हैं। उ...
- व्यक्ति की पूर्णतः निजी सत्ता जैसी कोई चीज है ही नहीं, तब पूर्णतः निजी उपासना कैसे हो सकती है?...? उपासना का उद्देश्य चेतना का विस्तार, आनन्द की उपलब्धि, शक्ति का अर्जन और मनोयोग को उत्कृष्टताओं से जो...
- व्यक्ति के ऊपर?...? व्यक्ति तो माध्यम होते हैं। हमारे प्रति, गुरुजी के प्रति श्रद्धा है। बेटा! यह तो ठीक है, लेकिन व...
- व्यक्ति के ऊपर?...? व्यक्ति तो माध्यम होते है। हमारे प्रति, गुरुजी के प्रति श्रद्धा है। बेटा, यह तो ठीक है, लेकिन वास्तव...
- व्यक्ति के रूप में अवतरित होकर?...? नहीं बेटे! भगवान जब कभी अवतार रूप में आते हैं तो व्यक्ति के रूप में नहीं आते। वे हवाओं के रूप में आत...
- व्यक्ति के रूप में अवतरित होकर?...? नहीं बेटे ! भगवान जब कभी अवतार रूप में आते हैं तो व्यक्ति के रूप में नहीं आते। वे हवाओं के रूप में आ...
- व्यक्ति कैसे बनाया जा सकता है?...? यह प्रक्रिया हमारे छोटे-से आश्रम ब्रह्मवर्चस से आरम्भ होगी। आप इसके भविष्य को देखिये, इसके पीछे छिपी...
- व्यक्ति को कैसा होना चाहिए?...? व्यक्तिगत जीवन का परिष्कार कैसे होना चाहिए। यह हम रामायण के द्वारा लोगों को सिखा देंगे, यह हमें पूरा...
- व्यक्ति को क्या से क्या बनाया जा सकता है?...? शादी और परिवार का कोई ताल्लुक नहीं है। पेट से बच्चा पैदा होता है, वही परिवार कहलाता है, यह सही नहीं ...
- व्यक्ति को श्रेष्ठ मनुष्य कैसे बना सकते हैं?...? यह सारी की सारी ब्रह्मविद्या की शिक्षा, ब्रह्मतेज की शिक्षा आपको ब्रह्मवर्चस के माध्यम से देंगे। क...
- व्यक्ति पूरा करते हैं, तो इससे क्या हुआ है?...? हमारा जहाज तो पेट्रोल से उड़ता है। ठीक है, ड्राइवर कोई उड़ाता थोड़े ही है, मशीन घुमा देता है। ठीक है हम...
- व्यक्ति महात्मा बन जाता है, व्यक्ति धर्मात्मा बन जाता है और परमात्मा बन जाता है-पेट्रोल के तरीके से, रेक्टीफाइड स्प्रिट के तरीके से, इसी तरह आप जो बारूद देखते हैं, वह क्या चीज है?...? वह जला हुआ कोयला है।
जितनी भी बारूद बनती है, वह कोयले से बनती है। कोयले में फॉस्फोरस जैसी कुछ ची...
- व्यक्ति से क्या मतलब?...? देवी-देवता को हमने व्यक्ति बनाकर रखा है और व्यक्ति बनाकर श्रद्धा भी हम करते हैं। व्यक्तियों के साथ म...
- व्यक्ति, समाज और सरकार ने उसे मान्यता दे दी है, फिर वह बढ़ेगी क्यों नहीं?...? कुछ ही दिन में निरक्षरता की कालिख से सभी लोग अपना मुँह धोकर साफ कर लेंगे। प्रश्न विद्या का है। उसका ...
- व्यक्तिगत जीवन का परिष्कार कैसे होना चाहिए?...? यह हम रामायण के द्वारा लोगों को सिखा देंगे, यह हमें पूरा विश्वास है। रामायण में वे सारी की सारी ...
- व्यक्तिगत जीवन में आपके गुण, कर्म और स्वभाव सम्बन्धी गलतियों क्या हुई और क्राइम-अपराध, जुर्म करने के सम्बन्ध में क्या भूलें हुई?...? इन दोनों के बारे में एक बार विचार किया कीजिए यह विचार करना बहुत जरूरी है। इससे यह मालूम होता है कि ह...
- व्यक्तिगत जीवन में आपको गुण, कर्म, स्वभाव सम्बन्धी गलतियाँ क्या हुई?...? और क्राइम और अपराध, जुर्म करने के सम्बन्ध में क्या भूलें हुई, इन दोनों के बारे में एक बार विचार किया क...
- व्यक्तित्व का विकास कैसे हो?...? आइए जरा विचार करें। इसके लिए कोई-न-कोई काम करने के लिए जगह होनी चाहिए ना? प्रयोगशाला होनी चाहिए ना? ...
- व्यक्तित्व का विकास न हुआ इनके माध्यम से, तो इनको फिर सिवाय ढकोसले के और क्या कहेंगे?...? ये ढकोसले हैं। इनके द्वारा आप अपने व्यक्तित्व को विकसित कैसे कर सकेंगे? फिर क्या करना चाहिए? किफाय...
- व्यक्तित्व का विकास न हुआ इनके माध्यम से, तो इनको फिर सिवाय ढकोसले के और क्या कहेंगे?...? ये ढकोसले हैं इनके द्वारा आप अपने व्यक्तित्व को विकसित कैसे कर सकेंगे? फिर क्या करना चाहिए? किफायतसा...
- व्यक्तित्व को कैसे विकसित किया जाए?...? उसे सद्गुणों से, सत्प्रवृत्तियों से कैसे सम्पन्न किया जार? सबसे बड़ा प्रश्न यही है, जिसका अगर कोई आदम...
- व्यक्तित्व को कैसे विकसित किया जाए?...? उसे सद्गुणों से, सत्प्रवृत्तियों से सम्पन्न कैसे किया जाए? एक प्रश्न यही है, सबसे बड़ा, जिसको अगर कोई...
- व्यक्तित्व को पवित्र प्रखर बनाने वाली सत्प्रवृत्तियों को कैसे अपनाया जाय?...? वर्तमान स्थिति को देखते हुए इस सन्दर्भ में नया कदम उठाया जाय। इसका निर्धारण ही नहीं, उसे अपनाने का त...
- व्यर्थ में गहने क्यों पहनें?...? यह हमारी सामाजिक सुव्यवस्था, राष्ट्रीय विकास तथा नैतिकता के लिए अब परमावश्यक हो गया है कि स्त्रियाँ ...
- व्यवहार आपका इस तरह का न होगा, तो मित्र लोगों को यह पता लगाने में, अंदाज लगाने में मुश्किल हो जाएगा कि आपके विचार क्या हैं और सिद्धान्त क्या हैं?...? जो विचार और सिद्धान्त आपको दिए गए थे, वो आपने अपने जीवन में धारण कर लिए हैं कि नहीं किए हैं। आपको ...
- व्यवहार आपका इस तरह का न होगा, तो मित्र लोगों को यह पता लगाने में, अंदाज लगाना मुश्किल हो जाएगा कि आपके विचार क्या है और सिद्धान्त क्या हैं?...? जो विचार और सिद्धान्त आपको दिए गए थे, वो आपने अपने जीवन में धारण कर लिए हैं, कि नहीं किए हैं। आपको ये...
- व्यवहार का आश्रय पाये बिना भावना की बेल ऊँची कैसे चढ़े?...? परिवार निर्माण में उस आचार संहिता को भी महत्त्व और प्रश्रय देना होगा जो भावनाओं के अनाचार को रोकती ह...
- व्यवहार की पीड़ा और बौद्धिक पतन मनुष्य का कम करने में हम क्या मदद कर सकते हैं?...? यह भगवान हमसे पूछता है। आप कर सकते हैं तो आप अच्छे इनसान हैं और खरे सोने के समान हैं। यही खुशहाली ला...
- व्यवहार में शालीनता का समुचित समावेश किस प्रकार रखना चाहिए?...? वह सब औचित्य वे भूल जाते हैं। उनींदों से खुमारीग्रस्तों से जैसी भूलें होती रहती हैं वैसी ही वे आए दि...
- व्याख्या क्यों करते हैं?...? आप तो दनादन हवन कराइए और धड़ाधड़, तड़ातड़ आँसू गिराइए। व्याख्या क्यों करते हैं? बेटा, हम व्याख्या नहीं क...
- व्याख्या क्यों करते हैं?...? आप तो दनादन हवन कराइए और धड़ाधड़, तड़ातड़ आँसू गिराइए। व्याख्या क्यों करते हैं? बेटा, हम व्याख्या नहीं क...
- व्याख्यान देने के लिए अब मेरे पास क्या बचा है?...? बेटे, व्याख्यान देने के लिए अब कुछ नहीं है मेरे पास। व्याख्यान निरर्थक है? बिलकुल निरर्थक है। इसमे...
- व्याख्यान आ जाएगा?...? बेटे! साइकिल चलाना आता होगा तो आ जाएगा। कैसे? साइकिल चलाने में डर लगता है। गिर पड़ेंगे तो, डर पक्का ...
- व्याख्यान आ जाएगा?...? बेटे! साइकिल चलाना आता होगा तो आ जाएगा। कैसे? साइकिल चलाने में डर लगता है। गिर पड़ेंगे तो डर पक्का है...
- व्याख्यान करना सीख जाऊँगा?...? हाँ, सीख जाएगा, बस झिझक निकाल दे। यहाँ व्याख्यान देना सीख कर गंगा जी के किनारे चला जाया कर। वहाँ पत्...
- व्याख्यान करना सीख जाऊँगा?...? हाँ सीख जाएगा, बस झिझक निकाल दे। यहाँ व्याख्यान देना सीखकर गंगा जी के किनारे चला जाया कर। वहाँ पत्थर...
- व्याख्यान करने वालों में तलाश करना कि जब कोई नेता आता है, तो सुनने वाले कौन होते हैं?...? आप एक-एक की पहचान करना कि जो व्याख्यान सुनने आये हैं, इसमें जनता वाले कितने थे और स्कूल वाले कित...
- व्याख्यान कौन सा है?...? मेरी समझ में जो कुछ भी आता है, पहली तारीख तक अपने सारे विचार मक्खन से घी निकालने के तरीके से ‘‘अखण...
- व्याख्यान निरर्थक है?...? बिलकुल निरर्थक है। इसमें जो कुछ भी था, आपसे मैं कह चुका हूँ। यह सब उन्हीं की पुनरावृत्तियाँ हैं। ‘...
- व्याख्यान में भी कुछ होता है क्या?...? कुछ भी नहीं है। बस तेरा दिमाग अपसेट हो जाता है। तेरी जिन्दगी फैली हुई है, बन्दर की तरह मचक-मचक करता है...
- व्याख्यान में भी कुछ होता है क्या?...? कुछ भी नहीं है। बस तेरा दिमाग अपसेट हो जाता है। तेरी जिन्दगी फैली हुई है, बन्दर की तरह मचक-मचक करता ह...
- व्याख्यान सुनाने वालों के प्रति आपका कोई मोह इकट्ठा हुआ कि नहीं?...? नहीं साहब! हम तो ताली बजाकर आ गए कि वह बहुत अच्छा बोलता है, लेकिन उससे हमें कोई प्यार मुहब्बत नहीं ह...
- व्यापक जानकारियों के सहारे बुद्धि को यह सोच सकने का अवसर मिलता है कि क्या सोचना, करना और बनना उचित है?...? कूपमण्डूक और गूलर के भुनगे की दुनियाँ बहुत छोटी होती है। वे सोचते हैं, यह संसार इतना ही बड़ा है, ...
- व्यापार आप करेंगे?...? व्यापार आप मत करना। शनिश्चर बैठा हुआ है।हमारी प्रत्येक विचारधारा के ऊपर, गतिविधियों के ऊपर देवता हाव...
- व्यापार हो तो क्या?...? अध्यापन हो तो क्या? मजदूरी हो तो क्या? कोई भी काम क्यों न हो, अगर मनुष्य ऊँचे दृष्टिकोण से करे, अच्छ...
- व्यापारी किससे काम करते हैं?...? अकल से वे मालदार हो गये। शरीर से मालदार हो गए क्या? नहीं, शरीर से मशक्कत कीजिए, तो कोई पन्द्रह रुपय...
- व्यापारी से पूछ कितना परसेंट लेते हो?...? बारह, पंद्रह, बीस, साठ परसेंट? अपना कमीशन काटे बिना तो बनिया काम ही नहीं कर सकता। चालाक बनिया होगा त...
- व्यायाम किये बिना कोई पहलवान कहाँ बन पाता है?...? इसी प्रकार धर्म के तत्त्वज्ञान को व्यावहारिक जीवनचर्या में उतारने के अतिरिक्त और कोई विकल्प नहीं है।...
- व्यायाम की अपनी जगह बड़ी आवश्यकता है और बड़ा महत्त्व है, लेकिन व्यायाम से सौ गुना, हजार गुना महत्त्व इस चीज का है कि आदमी का रहन- सहन और आहार- विहार किस तरह का है?...? आप रहन- सहन, आहार- विहार की उपेक्षा करेंगे और केवल आँख से जो कसरत दिखाई पड़ती है, उसी को सब कुछ मान ल...
- व्यायाम भी करते थे?...? हाँ, व्यायाम की भी हमको आवश्यकता है, कसरत की भी हमको जरूरत है, हम तो सारे दिन व्यायाम करेंगे? नहीं, ...
- व्यायाम में यह फायदा है कि व्यायाम के जरिए से हमारी कलाइयाँ, हमारी माँसपेशियाँ और हमारा नर्वस सिस्टम मजबूत हो जाता है और तप से क्या फायदा है?...? तप अपने आप में कोई महत्त्वपूर्ण चीज नहीं है।
मित्रो! तप उस चीज का नाम है, जो हमारे कुसंस्कार...
- व्यायामशाला में आप जाइए और पहलवान जी से पूछिए क्यों साहब, क्या हो रहा है?...? आप कितने दण्ड-बैठक करते हैं? उत्तर मिलेगा 200-300 बैठक करते हैं। यह क्या है? रेपिटिशन जिसे बार-बार कर...
- व्यावसायिक पूँजी के रूप में भी उसे मान्यता मिल सकती है, पर कमाऊ उत्तराधिकारियों के सिर पर पूर्वजों की कमाई को लाद दिया जाए, इसका क्या औचित्य हो सकता है?...? कानून किनने बनाए और किनके लिए बनाए—यह बहुत ही विवादास्पद है, पर न्याय यही कहता है कि जमा भले ही किसी...
- व्रत नहीं लिया होता तब?...? निश्चय न किया होता तब? तब फिर सम्भव नहीं था। संकल्प कर लेने के बाद तो आदमी की आधी मंजिल पूरी हो जात...
- शंकर की मूर्ति खिलौना है?...? हाँ, खिलौना है। ऐसा कोई शंकर नहीं है, जैसा कि हमने बना करके रखा है। हमने खिलौने में बहुत सारी वृत्ति...
- शंकर की शक्ति वरदान हो करके सामने क्यों नहीं आती?...? शंकर के भक्त होते हुए भी हम किस तरीके से मिलते और पददलित होते चले जा रहे हैं?? भगवान हमारी कब सहायता...
- शंकर की शक्ति वरदान हो करके सामने क्यों नहीं आती?...? शंकर के भक्त होते हुए भी हम किस तरीके से पिछड़ते और पददलित होते चले जा रहे हैं? भगवान हमारी कब सहायता...
- शंकर के भक्त होते हुए भी हम किस तरीके से पिछड़ते और पददलित होते चले जा रहे हैं?...? भगवान हमारी कब सहायता करेंगे? यह विचार मैं देर तक करता रहा।अठारह पुराणों का अनुवाद मैंने संस्कृत से ...
- शंकर के भक्त होते हुए भी हम किस तरीके से मिलते और पददलित होते चले जा रहे हैं?...? ? भगवान हमारी कब सहायता कर सकते हैं? ये विचार मैं देर तक करता रहा।अठारह पुराणों का अनुवाद मैंने संस्...
- शंकर जी ने पूछा कि तुम्हारी मनोकामना क्या है?...? उसने कहा—भगवन्! हमें बीस साल की खूबसूरत युवती बना दीजिए। शंकर जी ने ‘तथास्तु’ कहकर जल छिड़क दिया। बस,...
- शंकर जी आपके काम आते हैं?...? आप रोज जल चढ़ाते हैं, पर वे आपके काम नहीं आते। क्या वजह है? मैं भगवान से शिकायत करूँगा कि ये सब मोम्ब...
- शंकर जी इस शिक्षा को हर शंकर-भक्त को अपनी फिलॉसफी में सम्मिलित करना ही चाहिए कि विषैले लोगों से किस तरीके से ‘डील’ करना चाहिए, किस तरीके से उन्हें गले से लगाना चाहिए और किस तरीके से उनसे फायदा उठाना चाहिए?...? शंकर जी के गले पर पड़ी मुण्डों की माला भी यह कह रही है कि जिस चेहरे को हम बीस बार शीशे में देखते हैं,...
- शंकर जी की कर लूँ साधना?...? नहीं बेटे! शंकर जी के पास तो भूत-पलीत, साँप, पार्वती जी, कार्तिकेय जी, गणेश जी और उनका शेर, बैल, उनक...
- शंकर जी की कर लूँ साधना?...? नहीं बेटे! शंकर जी के पास तो भूत-पलीत, साँप, पार्वती जी, कार्तिकेय जी, गणेश जी और उनका शेर, बैल, उनक...
- शंकर जी की नींद खुली, तो देखा कि जो भक्त रोज पानी चढ़ाने आता था, वह कहाँ गया?...? महाराज जी! वह तो आपकी झोली ले करके गायब हो गया। हम और आप उन्हीं में से हैं। शबरी की सेवा मित्रो! ह...
- शंकर जी के पास धन था क्या?...? मकान था क्या? नहीं था। कपड़ा था क्या? नहीं था। नंग-धड़ंग मरघट में पड़े रहते थे। उनके अपने घर में तो ...
- शंकर जी के पास धन था क्या?...? मकान था क्या? नहीं था। कपड़ा था क्या? नहीं था। नंग- धड़ंग मरघट में पड़े रहते थे। उनके अपने घर में तो ...
- शंकर जी ने कहा—अच्छी तरह सोच लो?...? उसने कहा—महाराज जी! मैंने सोच-विचार कर ही वर माँगा है। तथास्तु कहते हुए शंकर जी ने जल छिड़का और वह ना...
- शंकर जी ने कहा—तुम क्यों रोते हो?...? तुम भी वरदान माँग लो, बच्चे ने कहा—भगवन्! यदि आप मुझ पर प्रसन्न हैं, तो मेरी माँ को पहले जैसी बना द...
- शंकर जी ने कहा—भाई, तुम क्यों नाराज हो रह हो?...? तुम भी माँग लो। उसने कहा कि मैं यह माँगता हूँ कि बुढ़िया सुअरिया बन जाए। उन्होंने कहा कि सुअरिया बन ...
- शंकर जी ने तो ऐसा एकबार किया पर मनुष्य गन्दी साँस धुँआ और सड़ादें उत्पन्न किया करते हैं उन्हें जीवन भर यह वृक्ष ही तो पान करके वायु शुद्ध रखते हैं बोलो यह क्या हुए?...? महाशंकर-पुत्र ने उत्तर दिया। (३) एक व्यक्ति को स्वर्ग में देखकर महात्मा वपुष चिल्लाए और धर्मराज से ...
- शंकर जी में और क्या खास बात है?...? बेटे, बीसियों बातें हैं। शंकरजी मरघट में निवास करते हैं। अच्छा, और क्या करते हैं? मरघट की भस्म शरी...
- शंकर दिग्विजय की गाथा बताती है कि मानवी प्रतिभा कितने साधन जुटा सकती और कितने बड़े काम करा सकती है?...? परशुराम ने समूचे विश्व के आततायियों का मानस किस प्रकार उलट दिया था, यह किसी से छिपा नहीं है। कुमारजी...
- शंकर भगवान का अवतार माने जाते हैं न?...? अगर शंकर भगवान ने—आदि शंकराचार्य ने अपने दृष्टिकोण में हेर-फेर न किया होता तब? तब फिर वही होते जो उन...
- शंकर भगवान का गोल- मटोल पिंड इसलिए बनाया गया है ताकि हम यह समझ सकें कि यह सारे का सारा विश्व- ब्रह्माण्ड जो गोल- मटोल है, यह पृथ्वी जो गोल- मटोल है, यह जगत जो गोल- मटोल है, यह क्या है?...? शंकर है, शिव है। और शालिग्राम क्या हैं? शालिग्राम भी वही हैं। शालिग्राम की मान्यता अगर हमारे जीवन ...
- शंकर भगवान के रास्ते पर चलने के लिए आपने क्या कीमत चुकायी?...? आप तो माँगते फिरते हैं। भगवान ये दो, यह मनोकामना पूर्ण करो, वह मनोकामना पूर्ण करो। शिवरात्रि के दि...
- शंकर भगवान के सिर पर चंद्रमा टिका हुआ है, इसका क्या मतलब है?...? चंद्रमा का अर्थ है—शान्ति, सन्तुलन। हमारे मस्तिष्क में शान्ति और सन्तुलन का स्वरूप रहना चाहिए। शंकर भगवा...
- शंकर भगवान क्या हैं?...? शंकर भगवान की जो शक्ल बनाई गयी है, उसके पीछे कुछ उद्देश्य नियत कर दिये गये हैं। उसके माध्यम से आदम...
- शंकर भगवान क्या हैं?...? एक ठप्पा। ठप्पा किसे कहते हैं? ठप्पा कहते हैं साँचे को। जैसा ठप्पा होगा वैसी आकृति बनेगी। गीली म...
- शंकर भगवान क्या हो सकते हैं?...? शंकर भगवान श्रेष्ठ गुणों का समुच्चय और समन्वय हैं। शंकर जी का उदाहरण मैं आपको समझाना चाहूँगा। शंकर ज...
- शंकर भगवान ने कहा कि यह घपला करता है भगत, हमको तू मारकर ही रहेगा क्या?...? या जिन्दा छोड़ेगा? महाराज जी! आपको जिन्दा कैसे छोड़ दूँगा। जिन्दा छोड़ देने के लिए मैंने क्या यह भक्ति क...
- शंकर भगवान मेरी मनोकामना पूरी नहीं करेंगे?...? बेटे ! तूने, महीने भर हो गया, शंकर जी को न तो कुछ खाना खिलाया, न दवाई दी, फिर तुम्हारी मनोकामना कैसे...
- शंकरजी कहाँ रहते हुए दिखायी पड़ते हैं?...? मरघट में। शंकरजी के शरीर पर क्या लगा हुआ दिखायी पड़ता है? मुर्दों की राख दिखायी पड़ती है। ये क्या है? ...
- शंकरजी की शिक्षाएँ क्या-क्या कहूँ आपसे?...? मैं कहाँ तक बताऊँ?शंकरजी की महिमा ही मैं अगर गाता रहा, तो आप ये कह देंगे कि आप तो अपने ही देवता की ब...
- शंकरजी के भीतर जो शिक्षाएँ भरी पड़ी हैं और जो प्रेरणाएँ भरी हैं, वो क्यों नहीं सीखीं आपने?...? भूत और प्रेतों की सेना—भूत और प्रेतों की सेनाएँ बड़े आदमियों की नहीं, मालदार आदमी की नहीं, अमीरों की ...
- शंकरजी के शरीर पर क्या लगा हुआ दिखायी पड़ता है?...? मुर्दों की राख दिखायी पड़ती है। ये क्या है? ये है मृत्यु का देव। मृत्यु का देव कौन है? शंकर। मौत का क...
- शंकराचार्य कहाँ पैदा हुए थे?...? केरल में पैदा हुए थे। परन्तु वे सारे हिन्दुस्तान में घूमते फिरे। उनकी प्रेरणा से दक्षिण भारत के लोग ...
- शंकराचार्य के इतिहास को देखिए कि उनने जिन्दगी भर क्या किया?...? ऋषियों में से प्रत्येक का इतिहास देखिए। नागार्जुन का इतिहास देखिए। चाणक्य का इतिहास सुनाइए, चरक का इ...
- शंकराचार्य के इतिहास को देखिए कि उनने जिन्दगी भर क्या किया?...? ऋषियों में से प्रत्येक का इतिहास देखिए। नागार्जुन का इतिहास देखिए। चाणक्य का इतिहास सुनाइए, चरक का इ...
- शंकराचार्य के बारे में यही कहा जाता है, शंकराचार्य ब्रह्मचारी न होते तब?...? शादी-विवाह करके बहुत सारे बच्चे पैदा करते तब? काम-वासनाओं में अपने आपको उलझाए रहते तब? भगवान शंकर का...
- शंकराचार्य को आप जानते हैं न?...? शंकराचार्य एक मामूली घर के लड़के थे। उनकी माता यह उम्मीद करती थी कि पढ़ाने के बाद में लड़के की शादी-ब्य...
- शंकराचार्य ने कहा कि माँ हमें बचाओ नहीं तो अब मैं मरा?...? माँ ने पूछा कि मैं क्या करूँ? माँ! शंकर भगवान कहते हैं कि अगर तू हमें शंकर भगवान को सौंप दे तो हमें ...
- शंकराचार्य ने निश्चय कर लिया और क्या से क्या बन गये?...? कितनी शानदार जिन्दगी उनकी व्यतीत हुई। बेटे, यह उनकी कुण्डलिनी शक्ति थी, जिसने उनके विवेक को जगा दिया...
- शंकराचार्य फिर क्या हुए?...? वे शंकर भगवान के अवतार माने जाते हैं। अगर आदि शंकराचार्य ने अपने दृष्टिकोण में हेर-फेर न किया होता त...
- शंकराचार्य फिर क्या हुए?...? वे शंकर भगवान के अवतार माने जाते हैं। अगर आदि शंकराचार्य ने अपने दृष्टिकोण में हेर-फेर नहीं किया होत...
- शंकराचार्य में क्या विशेषता थी, आप बताइये?...? समर्थ गुरु रामदास में क्या विशेषता थी, बताइये? कबीर की क्या परिस्थितियाँ थीं, बताइये? कबीर को कौन कं...
- शंख-चक्र और पद्म ये क्या हैं?...? ये विष्णु भगवान के चार आधार हैं। एक हाथ में है चक्र—पहिया घूमना। पहिया घूमना-गतिशील। गतिशीलता—हमारे ...
- शकुन्तला अशिक्षित रहकर भरत बना सकती थी क्या?...? गार्गी ने हजारों लोगों का आध्यात्मिक मार्गदर्शन किया, मैत्रेयी ने उस समय की सैकड़ों महिलाओं को आत्मो...
- शकुन्तला का नाम सुना है आपने?...? और चक्रवर्ती भरत ! जिसके नाम पर इस देश का नाम भारतवर्ष पड़ा। शकुन्तला कौन थी? वह कण्व ऋषि की बेटी थी,...
- शकुन्तला का प्यार पीकर भरत की आत्मा क्या से क्या हो गई?...? आपने माँ का प्यार नहीं पिया क्या? नहीं साहब! हमारी माँ नहीं है, परन्तु एक आदमी कह रहा था कि आपकी माँ ...
- शकुन्तला कौन थी?...? वह कण्व ऋषि की बेटी थी, हाँ बेटी ही कहिए और उसके बच्चे भरत का जन्म, पालन जो हुआ था, यहाँ कोटद्वार ना...
- शकुन्तला कौन थी?...? वह कण्व ऋषि की बेटी थी, हाँ बेटी ही कहिए और उसके बच्चे भरत का जन्म, लालन-पालन जो हुआ था यहाँ कोटद्वा...
- शक्कर की सात गोली और सात वरदान—आपकी मान्यता तो यही है न?...? मित्रो! हनुमान जी के पास दीपक जलाइए और वरदान पाइए। क्यों साहब! क्या माँगना है? दीपक क्यों ले आए? अरे...
- शक्कर खाते-खाते महादेव जी के दाँतों में कैविटी हुई कि नहीं?...? दाँत खराब हुए कि नहीं हुए? ज्यादा शक्कर खाने से दाँतों में कीड़े लग जाते हैं और बच्चों के दाँत खराब ...
- शक्कर चढ़ाने का मकसद और मिठाई चढ़ाने का मतलब क्या है?...? मिठाई चढ़ाने का मतलब यह है कि भगवान को मीठा प्रिय है। इसका मतलब यह नहीं है कि भगवान को खटाई नापसन्द ...
- शक्ति इकट्ठी करने के लिए आपको और हमको क्या करना पड़ेगा?...? हमको कर्मयोग का आश्रय लेना पड़ेगा। कर्मयोग किसे कहते हैं? कर्मयोग उसे कहते हैं, जिससे सम्पत्ति पैदा ...
- शक्ति कब आती है?...? शक्ति तब आती है, जब हम उठने को तैयार होते हैं—हम यदि उठने को, आगे बढ़ने को तैयार नहीं होते और गिरने ...
- शक्ति कहाँ से आ जाती है?...? क्यों आ जाती है? उद्धार कैसे हो सकता है? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए?? उनका सम...
- शक्ति कहाँ से आ जाती है?...? क्यों आ जाती है? उद्धार कैसे हो सकता है? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए। उनका समा...
- शक्ति कहाँ से आती है?...? बेटे! वहीं से आती है, जहाँ हमारा शक्ति का जखीरा है, भंडार है। हम क्या करते हैं? हम उसमें से खरच करते...
- शक्ति कहाँ से आती है?...? साधन कहाँ से जुटते हैं? इन सबका उत्तर काय-कलेवर के कण-कण में संव्याप्त और गतिशील विद्युत प्रवाह की ओ...
- शक्ति कहाँ से आती है?...? सामर्थ्य कहाँ से आती है? सामर्थ्य आदमी के भीतर से निकलती है। आदमी की जो उच्चस्तरीय वस्तु है, उसका ना...
- शक्ति किसकी रही?...? गाँधी जी की? नहीं, गाँधी जी की नहीं, जनता की रही। हुकूमत की शक्ति जब-जब होगी जनता की होगी। किन्तु ...
- शक्ति किसकी रही?...? गाँधी जी की? नहीं, गाँधी जी की नहीं, जनता की रही। हुकूमत की शक्ति जब-जब होगी, जनता की होगी। किन्तु ह...
- शक्ति की धारायें कहाँ से आयेंगी?...? और शक्ति की धारायें हमें कहाँ लाना चाहिए?साथियो! इसमें कुछ काम आपका है और कुछ काम हमारा है। कुछ आप...
- शक्ति कौन हैं?...? पार्वती हैं। पार्वती से क्या मतलब है? बेटे, पार्वती ने तप किया था और आपको न मालूम हो और आपको हरिद्वा...
- शक्ति है कि नहीं?...? बिलकुल शक्ति है। शक्ति कब आती है? शक्ति तब आती है, जब हम उठने को तैयार होते हैं—हम यदि उठने को, आगे ...
- शक्तिपात किसे कहते हैं?...? शक्तिपात—बेटे, उसे कहते हैं जिसमें उच्चकोटि के विचारों को कार्यरूप में परिणत करने के लिए जिस ताकत की...
- शक्तिपात किसे कहते हैं?...? हम सिद्धान्तों एवं आदर्शों का जीवन हिम्मत के साथ जियेंगे, यही शक्तिपात कहलाता है। यह सिद्धान्तों के ...
- शक्तिपात क्या होता है?...? शक्तिपात को मामूली तौर पर समझते हैं कि गुरु की आँखों में से, शरीर में से बिजली का करेन्ट आता है और च...
- शक्तिवान हो जाएगा?...? नहीं, तपश्चर्या जो नहीं कर सकता, वो सामर्थ्यवान नहीं हो सकता, शक्तिशाली नहीं हो सकता। आपको यहाँ इस क...
- शक्ल भी नहीं मालूम, नाम भी नहीं मालूम, रूप भी नहीं मालूम, फिर आपने राजा साहब को नमस्कार किया?...? हाँ, जब हमको नौकर रखा था, तब नमस्कार किया था। फिर आइंदा मिलेंगे तो क्या नमस्कार करेंगे? बीच में नमस्...
- शक्ल मालूम है?...? नहीं साहब! शक्ल भी नहीं मालूम, नाम भी नहीं मालूम, रूप भी नहीं मालूम, फिर आपने राजा साहब को नमस्कार क...
- शत्रु तो नुकसान कर सकते हैं और मारकाट सकते हैं?...? बेटे! मारकाट तो बुखार भी कर सकता है। नहीं साहब! वह तो आपको मार डालेगा। अरे बेटे! वह तो बड़ा आदमी है।...
- शत्रु तो नुकसान कर सकते हैं और मारकाट सकते हैं?...? बेटे! मारकाट तो बुखार भी कर सकता है। नहीं साहब! वह तो आपको मार डालेगा। अरे बेटे वह तो बड़ा आदमी है। म...
- शत्रुओं से वे तब क्यों न निपट लेते?...? यह भगवान की इच्छा में अपनी इच्छा मिलाने का ही प्रतिफल है, कि उपरोक्त दोनों भक्तजनों को अपने-अपने समय...
- शनिश्चर गिरा सकते हैं?...? नहीं बेटे, देवता या शनिश्चर नहीं गिरा सकते हैं? देवता उठा सकते हैं? नहीं बेटे, देवता नहीं उठा सकते। ...
- शबरी किसे कहते हैं?...? शबरी किसी स्त्री का नाम नहीं है, यह एक फिलॉसफी का नाम है। वह फिलॉसफी जो जंगल में रहकर गरीबी में अपना...
- शबरी ने कहा- आप कौन है?...? उन्होंने कहा, मैं तो राम हूँ। राम हैं, तो क्या वे राम जिनका मैं भजन करती हूँ? उत्तर मिला हाँ, हम व...
- शबरी ने देखा, तो सोचा ये मेरे बच्चे नहीं हैं तो क्या, दूसरों के बच्चे हैं तो क्या?...? पढ़ने वाले बच्चे हैं। नहाने जाते हैं, इनके लिए मैं कुछ सेवा तो कर ही सकती हूँ। बिना पढ़ी गँवार हूँ त...
- शब्द की शक्ति क्या है?...? शब्द की शक्ति बताता हूँ। किसी मिलिट्री वाले से पूछना—क्यों साहब! जब आपकी मिलिट्री पुल पर से होकर के ...
- शब्दों का गुच्छा कैसे होता है?...? ऐसे होता है जैसे ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे। यह क्या हो गया? शब्दों का गुच्छा हो गया। यह जरू...
- शब्दों में कितनी ताकत है?...? बेटे! बस, इतनी ताकत है कि हम उसे टेप कर लाए और हम उस सुग्गे का नाम ले रहे हैं। और कोई ताकत है? और को...
- शब्दों में कितनी ताकत है?...? बेटे! बस, इतनी ताकत है कि हम उसे टेप कर लाए और हम उस सुग्गे का नाम ले रहे हैं। और कोई ताकत है? और को...
- शब्दों से क्या होता है?...? मुझे उसको अध्यात्म कहने दीजिए। जुबान का संयम, इन्द्रियों का संयम, मस्तिष्क की विचारधाराओं का संयम, उ...
- शराफत की कमी है?...? भलमनसाहत की कमी है? नेक कामों की कमी है? नहीं, कहीं कमी नहीं है। लेकिन आपका दृष्टिकोण क्यों गन्दा है...
- शराब कोई पीने की चीज है?...? मैं पूछता हूँ कि तम्बाकू कोई खाने-पीने की चीज है। पीजिए मत, तम्बाकू को घोलकर पी जाइये। हजम कर लीजिए ...
- शराबियों को आप जानते हैं ना?...? आलसियों को आप जानते हैं ना? रिश्वतखोरों, जमाखोरों और भ्रष्टाचारियों को आप जानते हैं ना? वे कौन हैं? ...
- शराबी इस समय के मजे को देखता है और यह देखता है कि इस समय हमको कैसा जायका आ रहा है?...? कैसा आनन्द आ रहा है? वह इस बात को भूल जाता है कि कल हमारा लीवर खराब होने वाला है, दिमाग खराब होने वा...
- शरीर का तो धूपबत्ती से काम नहीं चलेगा तो फिर भगवान का कैसे काम चल जाएगा?...? भगवान जी पर चन्दन चढ़ाऊँगा, अच्छा तो तू चन्दन अपने ऊपर चढ़ा ले। नहीं महाराज जी चन्दन से मेरा काम नहीं चले...
- शरीर किससे बना है?...? पंचतत्त्वों से बना है अर्थात जड़ पदार्थों से बना हुआ है। हमारे भीतर एक और भी सत्ता काम करती है, जिसक...
- शरीर की क्रियाशीलता, मस्तिष्क की विचारणा और अन्तःकरण की उदारता पारमार्थिक कार्यों में कितना अधिक नियोजित हो रही है?...? समर्पण भक्ति की, निष्ठा की परख है। एक सन्त ने कहा है कि समर्पण का अर्थ है-''मन अपना विचार इष्ट के, हृ...
- शरीर की दृष्टि से जो आदमी निकम्मे बैठे रहते हैं, निठल्ले बैठे रहते हैं, पसीना बहाते नहीं हैं, और समय को बरबाद करते रहते हैं, इन आलसियों को मैं क्या कहूँ?...? और उन (प्र प्र) प्रमादियों को क्या कहूँ, जो बैल की तरीके से मेहनत तो करते रहते हैं, पर उसमें मनोयोग ...
- शरीर की बीमारियों को ठीक करना कितना मुश्किल होता है, आप डॉक्टरों से पूछिए न?...? क्यों साहब! यह बड़ा कमजोर आदमी है, इसको मोटा बना दीजिए। कोशिश करेंगे साहब! दवाइयाँ खिलाएँगे, टॉनिक ख...
- शरीर की साधना से हम आपको कैसे अच्छा कर दें?...?
युग-साधना में भागीदारी की दावत
महाराज जी! हमने ग्यारह हजार का जप कर लिया। तो बेटे! हम क्य...
- शरीर कीमती है?...? बेशक शरीर बहुत कीमती है।
मित्रो! स्थूल शरीर के बाद हमारा एक और शरीर है, जिसको हम ‘सूक्ष्म शरीर’ कह...
- शरीर के अंग-प्रत्यंग जानने के लिए, उनके क्रिया-कलाप क्या हैं?...? जानने के लिए पाँच साल लगाने पड़ते हैं। साहब! ऑपरेशन सिखा दीजिए, ऑपरेशन बड़ा सरल है। एक ब्लेड वाला चाकू...
- शरीर के बिना आत्मा का अस्तित्व कैसे प्रकट हो?...? व्यवहार का आश्रय पाये बिना भावना की बेल ऊँची कैसे चढ़े?परिवार निर्माण में उस आचार संहिता को भी महत्त्...
- शरीर के लाभ क्या हैं?...? मन की खुशी क्या है? यह जो कुछ देखने का माद्दा हम लोगों को है कि शरीर क्या माँगता है। इन्द्रियाँ ...
- शरीर के वाह्य स्वरूप को क्यों देखता है?...? शरीर का मूल्यांकन आध्यात्मिक आधार पर मित्रो! यह जो हमारा शरीर है, इसका बाहरी चमड़ा अष्टावक्र के तरीके...
- शरीर के साथ शत्रुता निबाही जाय, उसे तोड़-फोड़कर बर्बाद किया जाय ऐसा भी किसी का मन नहीं दीखता, यदि ऐसी बात रही होती तो उसे वस्त्र-आभूषणों से, श्रृंगार प्रसाधनों से क्यों सजाया जाता?...? केश-विन्यास बनाने जैसे अनेकों कामों मेंं कितना समय लगता है? सजधज में कितना धन व्यय होता है? वाहनों, ...
- शरीर को क्या देना चाहिए?...? शरीर बेचारा मुसीबत में फँसा हुआ है, रोज-रोज बीमार पड़ जाता है, रोज-रोज कमजोर हो जाता है, इसे कुछ देन...
- शरीर को क्या देना चाहिए?...? शरीर बेचारा मुसीबत में फँसा हुआ है रोज-रोज बीमार पड़ जाता है, रोज-रोज कमजोर को जाता है, इसे कुछ देना ...
- शरीर को ढके बिना किसका काम चला है?...? किसी का भी नहीं चला है। खाए बिना न आपका काम चला है और न उनका काम चला है। शरीर-निर्वाह की क्रियाएँ तो...
- शरीर को ढके बिना किसका काम चला है?...? किसी का भी नहीं चला है। खाए बिना न आपका काम चलता है और न उनका काम चला है।
शरीर-निर्वाह की क्रिया...
- शरीर को ही तो खिला देंगे?...? आत्मा को क्या खिलाएँगे? आत्मा को रोटी थोड़े ही खिला सकते हैं आप? तब आत्मा को, अन्तःकरण को, जिसके आधार...
- शरीर क्या कहता है?...? हम तो आराम से सोयेंगे। सरदी-गरमी बरदाश्त नहीं करेंगे। ठंढक बरदाश्त नहीं करेंगे। अच्छा, तेरी हुकूमत ह...
- शरीर क्या माँगता है?...? इन्द्रियाँ क्या माँगती हैं? यह हम सबको मालूम है। एक और आँख भी है जो खुशहाली की बात दिखाती है। शंकर क...
- शरीर चला जाए, तो क्या हुआ?...? आपका ईमान तो वही है? संस्कार तो वही है?तो ये कह रहा था मैं आपसे, स्वर्गलोक जाने की अपेक्षा अच्छा होत...
- शरीर तो साफ हो गया न, तो ज्यादा-से-ज्यादा क्या होगा?...? शरीर की बीमारियाँ नहीं होंगी। ठीक है, आप अच्छी तरह से रहेंगे। आपको बुखार नहीं होगा। बात समाप्त हो गई...
- शरीर नहीं है तो आप कैसे बैठे हुए हैं?...? कैसे मेरी बात सुन रहे हैं? शरीर है तो आपके पास श्रम करने की भी ताकत है। आप कृपा करके जितना वाला श्रम...
- शरीर बुड्ढा होने से क्या फर्क पड़ता है?...? कोई फर्क नहीं पड़ता। गाँधीजी जब मरे थे, तब उन्यासी वर्ष के थे। नेहरू जी भी चौहत्तर वर्ष के करीब थे।...
- शरीर में जब तक थे, तो तुम कब मिलते थे बताना जरा?...? कौन मिलता था रोज-रोज? कोई नहीं मिलता था। दूर से दर्शन हो जाते थे। तीन साल से तो दूर से भी उनके दर्शन...
- शरीर में हड्डियाँ कितनी हैं?...? ये इतनी हैं कि इनके भस्मीभूत होने पर इससे दस फीट चौड़ी और सात फीट लम्बी रिक्त दीवार को पोता जा सके। य...
- शरीर में हड्डियाँ कितनी हैं?...? ये इतनी हैं कि इनके भस्मीभूत होने पर इससे दस फीट चौड़ी और सात फीट लम्बी रिक्त दीवार को पोता जा सके। यह...
- शरीर विज्ञान किसे कहते हैं?...? किडनी कैसी होती है? शरीर के अंग-प्रत्यंग जानने के लिए, उनके क्रिया-कलाप क्या हैं? जानने के लिए पाँच ...
- शरीर शास्त्रियों को वे सूत्र पकड़ में नहीं आ रहे हैं कि शरीर के किसी स्थान विशेष की कोशिकाएँ क्यों बागी हो जाती हैं?...? क्यों अपना सामान्य क्रम छोड़ बैठती हैं? उन्हें कैसे इस असामान्य व्यवहार से रोका जा सकता है? लम्बी माथ...
- शरीर सज्जा में ही इस अमूल्य अवसर को नष्ट तो नहीं कर रहे?...? देश, धर्म, समाज और संस्कृति की सेवा के पुनीत कर्तव्य की उपेक्षा तो नहीं करते?(३) अपने विचारधारा एवं ...
- शरीर से और क्या बनेगा?...? साहब! ताकतवर बन जाऊँगा, और गुण्डा बन जाऊँगा। अच्छा बन जा। गुण्डा बन जाऊँगा, तो जा दो को गाली देना, त...
- शरीर से करनी पड़ती थीं जैसे माला घुमानी पड़ती थी, किससे घुमानी पड़ती थी?...? हाथ की उँगलियों से घुमानी पड़ती थी। किसकी माला? लकड़ी की। लकड़ी की माला चमड़े की अँगुलियों से घुमानी पड़त...
- शरीर से मालदार हो गए क्या?...? नहीं, शरीर से मशक्कत कीजिए, तो कोई पन्द्रह रुपये रोज के हिसाब से मजदूरी देगा। नहीं साहब! हमारी फैक्ट...
- शरीर से वहाँ रहना; ताकि आपको कर्तव्य का बोध हो कि हमारा क्या कर्तव्य है, हमारा क्या फर्ज है?...? जिस आँगन में हम खेल रहे हैं, जिस माता-पिता से हम जुड़े हैं, जिस सत्ता से, जिस शक्ति से हम जुड़े हैं,...
- शरीरों का नजदीक बैठना कैसा होता है?...? मन्दिर में पत्थर का एक खिलौना रखा हुआ है और हमारा पत्थर का शरीर उस पत्थर के नजदीक जा बैठे। आप तो यही ...
- शर्त केवल ये है कि आपका सन्तुलन कायम रहता हो तब सन्तुलन जब कायम रहता हो, तब हम ये कह सकेंगे—आपके सिर के ऊपर चन्द्रमा टँगा हुआ है और?...? आपके सिर में, आपके गले में अगर वो ताकत है कि आप चीजों को—दुनिया में कितनी बुराइयाँ भरी पड़ी हैं और दु...
- शर्ते क्या हैं?...? वही हैं, जो अभी हम आपसे कहने वाले थे। वे हैं आदान-प्रदान की, कठपुतली और बाजीगर की। बाँसुरी और बजाने ...
- शर्म की बात नहीं, आप वानप्रस्थ के कपड़े को अपनी बेइज्जती मत समझना, हम पीला वाला कपड़ा पहनकर जाएँगे, तो लोग हमें भिखारी समझेंगे और हम बाबाजी समझे जाएँगे, जबकि हम तो नम्बरदार हैं, हम तो जमींदार हैं और देखो हम बाबाजी कहाँ हैं?...? ठीक है हम इस पीले कपड़े की इज्जत बनायेंगे। जैसे कि लोगों ने बिगाड़ी, हम बनाएँगे इज्जत। किसकी बनायेंग...
- शर्मा जी ने पूछा, ‘‘रो क्यों रही हो?...? ’’ हमने कहा, ‘‘भगवान् गुरुदेव के रूप में आये हैं। वह पत्ती-पत्ती में विराजमान हैं, ऐसा हमें अनुभव हो...
- शहद की मक्खियों ने कहा—क्या बात है?...? हमारे बच्चों शम्भू कब्बाल क्यों बनाते हो? लता मंगेशकर तुम्हारी सब लड़कियों को बना दूँगा, कहने लगा मच्...
- शहद को सँभलकर खाया होता, तो मक्खियाँ क्यों आतीं?...? बिल्ली क्यों आती? छिपकलियाँ क्यों आतीं? कुत्ते क्यों आते? दंगा क्यों होता? और बलवा क्यों होता? औ...
- शहर में पाँच कुण्डीय यज्ञ में 250 आदमी इकट्ठे नहीं होते, लेकिन वहाँ इतने लोग कैसे आ गये?...? मित्रो! सुखाड़िया राजस्थान के मुख्यमंत्री थे। उनको पता चला कि आचार्य जी हमारे यहाँ आये हुए हैं। कानो...
- शहर, कस्बों में कन्या पाठशालाएँ खुली हैं और लड़कियों के पढ़ाने का कुछ प्रबन्ध हुआ है, पर छोटे देहातों में तो लड़कों के पढ़ाने तक का प्रबन्ध नहीं, फिर लड़कियों को कौन पूछता है?...? कन्या शिक्षा तो कस्बे, शहरों में अब चली है। प्रौढ़ पीढ़ी के समय में तो पिछले दिनों वैसा कुछ भी प्रबन...
- शहरों की गन्दगी कहाँ डालते हैं?...? नदियों में, परिणामस्वरूप सारी की सारी नदियाँ विषैली होती चली जा रही हैं। अब गंगा तट का पानी न नहाने ...
- शहीद किसे कहते हैं?...? अपने पास जो कुछ भी चीजें हैं, उन्हें वह जलाता हुआ चला जाता है, खाली होता हुआ चला जाता है। गोली का शि...
- शान्ति से तेरा क्या मतलब है?...? शान्ति से मेरा मतलब चैन से है। नहीं, बेटे! चैन की जिन्दगी नहीं हो सकती। संघर्ष करने के बाद, अशान्ति को ...
- शान्तिकुञ्ज में हम रहेंगे?...? हाँ, शान्तिकुञ्ज में हम बराबर बने रहेंगे। अभी जब तक युगसंधि का समय है, तब तक हम यहाँ बराबर बने रहेंगे।...
- शाखा को बन्द कराने का एहसान जताता है हमारे ऊपर और अपने लिए काम कराना हो तब?...? चल, मक्कार कहीं का। हमारे ऊपर एहसान जताता है, चालाकी की जालसाजी फैलाता है। हम तेरे सामने तेरी मौसी क...
- शाखाओं में जाना है, तो चालीसों के हाथ में शंख थमा दिया जाएगा और शंख बजाते हुए जब आप शहर के बाजार में निकलेंगे, तो देखना ताँगे वाले खड़े हो जाएँगे, रिक्शे वाले भी खड़े हो जाएँगे और कहेंगे कि अरे देखो तो सही, ये कौन आ गया?...? चालीस शंख बजाते हुए और पीले कपड़े पहने हुए, झण्डा लिए हुए और एक नए बाबाजी के रूप में, एक नये क्रान्त...
- शादियाँ किसे कहते हैं?...? कपड़ा किसे कहते हैं? सारी दुनिया के जंगली लोगों में उन्होंने सभ्यता सिखायी। न केवल एशिया में, बल्कि स...
- शादी करना चाहता है?...? हाँ। शादी तो हम जरूर कर लेंगे, परन्तु एक काम कर, जरा नाच दिखा दे। मुझे नाच बहुत पसन्द है। भस्मासुर के ...
- शादी किसे कहते हैं?...? मौसम को शादी कहते हैं। एक साल एक बीबी से शादी की, अगले साल उसे भगा दिया। दूसरे साल दूसरी शादी कर ली।...
- शादी किसे कहते हैं?...? मौसम को शादी कहते हैं। एक साल एक बीबी से शादी की, अगले साल उसे भगा दिया। दूसरे साल दूसरी शादी कर ली।...
- शादी कोई लड़की करना चाहे किसी अच्छे लड़के से और वह बुड्ढी हो तब?...? बुड्ढी हो तब? गूँगी, बहरी, अन्धी हो तब? तो कौन शादी करेगा? इसीलिए पात्रता बहुत जरूरी है। कल हमने कहा...
- शादी कोई लड़की करना चाहे किसी अच्छे लड़के से और वह बुड्ढी हो तब?...? गूँगी, बहरी, अन्धी हो तब? तो कौन शादी करेगा? इसीलिए पात्रता बहुत जरूरी है। कल हमने कहा था न—उस दिन आ...
- शादी क्यों नहीं की?...? " सावित्री ने कहा ! उसने कहा—"हमने अपने माता-पिता की सेवा का संकल्प लिया है। सो मन, वचन और कर्म से उ...
- शादी जब घर में होती है, तो घर की सफाई आप करते हैं कि नहीं?...? या घर को ऐसे ही गन्दा पड़ा रहने देते हैं। मेहमान आयेंगे, रिश्तेदार आयेंगे, मिलने-जुलने वाले आयेंगे, ब...
- शादी न करें तब?...? ठीक है अपनी जीविका कमा सकती हैं, लेकिन उनको सांसारिक ज्ञान के सम्बन्ध में, अपना अनुभव विकसित करने के स...
- शादी नहीं करना चाहते?...? अभी हमारे माता-पिता का कर्ज हमारे ऊपर रखा हुआ है, अभी हम शादी कैसे कर सकते हैं? सावित्री ने कहा—तुम ...
- शादी विवाह किसके होते हैं?...? कुटुम्ब बनाकर के कौन रहता है? दवा दारू का इंतजाम किसके लिए है? बोलना किसको आता है? किताबें कौन पढ़ सक...
- शादी हुई हो आपकी, यह शादी की बीबी कहाँ से आई आपकी?...? किसी और ने दी न? किसी और ने उसे पाला-पोषा, पढ़ाया तब आपको दी न? आदमी अहसानों से दबा हुआ है। कपड़ा जो आ...
- शादी-ब्याह करने से पहले वे यह सोचते हैं कि ऐसी स्थिति में हमारे बच्चे कहाँ जाएँगे?...? जापान जरा-सा देश है, जहाँ आगे फैलने की जगह नहीं है, पीछे हटने की जगह नहीं है। चारों ओर समुद्र फैला ह...
- शादी-ब्याह का मतलब?...? प्रकृति हमको दण्ड देती है और हम से बच्चे पैदा कराना शुरू कर देती है, हर साल ढेरों के ढेरों पिल्ले पैद...
- शादी-विवाह करके बहुत सारे बच्चे पैदा करते तब?...? काम-वासनाओं में अपने आपको उलझाए रहते तब? भगवान शंकर का अवतार बनने का मौका नहीं मिलता तब? लक्ष्मण जी ...
- शादी-विवाह किसके होते हैं?...? कुटुम्ब बना करके कौन रहता है? दवा-दारू का इन्तजाम किसके लिए है? बोलना किसको आता है? किताबें कौन पढ़ ...
- शान्ति और सन्तोष कैस मिलता है?...? बेटे सन्तोष, भजन से नहीं मिलता है, श्रेष्ठ काम करने से मिलता है। आदर्शों को जीवन में ढालने से मिलता...
- शान्ति कहाँ से आयेगी?...? नहीं साहब! गायत्री माता से चैन आ जायेगा? अरे। गायत्री माता से कैसे चैन आ जायेगा? बेटे, यह तेरा चैन, ...
- शान्ति को प्राप्त करने के लिए हमें क्या करना पड़ेगा?...? हमको सूर्य की उपासना करनी पड़ेगी। राम और लक्ष्मण की उपासना करनी पड़ेगी। ज्ञान और कर्म की उपासना करनी...
- शान्ति पायी हो?...? नहीं, सब अशान्ति से जलते हुए चले गये। मित्रो! हमारे जीवन के जितने भी क्षेत्र हैं, वे एक से बढ़कर एक...
- शान्तिकुञ्ज के पीछे एक नाला बहता है वो जमीन में से उछल के निकलता है और कहाँ है?...? आप जरा सा गड्ढा खोदिए गंगा जल तैयार है। गंगाजी का लेवल उसका देखिए ये गंगा का तट है, गंगा जी का तट नह...
- शान्तिकुञ्ज के ब्रह्मवर्चस् शोध-संस्थान में जो शोध-कार्य उच्च वैज्ञानिक शिक्षण प्राप्त विशेषज्ञों द्वारा चल रहा है, उसमें गायत्री मंत्र के शब्दोच्चारण और यज्ञ से उत्पन्न ऊर्जा की इस प्रयोजन के लिए खोज की जा रही है कि उनका प्रभाव अध्यात्म तक ही सीमित है या भौतिक क्षेत्र पर भी पड़ता है?...? पाया गया है कि गायत्री मंत्र के साथ जुड़ी हुई यज्ञ-ऊर्जा पशु-पक्षियों वृक्ष-वनस्पतियों तक के उत्कर्ष...
- शान्तिकुञ्ज में क्यों बुलाया?...? वातावरण के लिए बुलाया है। जो आपको क्रिया-कृत्य कराये जा रहे हैं वो तो आप अपने घर पर भी कर सकते थे। घ...
- शाम को लोकमंगल के लोकशिक्षण करेंगे कि आज की परिस्थितियों में हमें क्या करना चाहिए?...? उसकी गतिविधियाँ, स्वरूप और क्रियाशैली क्या हो? ऋषि केवल भजन नहीं करते थे, वरन् उसके साथ लोकमंगल की स...
- शाम तक न जाने कितनों के पास वह पैसा जाता है?...? पैसा घूमता रहता है। चीजें घूमती रहती हैं, लेकिन हम हैं, जो यह ख्याल और यह तमन्ना बनाये बैठे रहते...
- शायद ही कोई अपने प्रति कसाई करने में सक्षम होगा कि अपने प्रति इतना कड़ा अनुशासन कि बस मैं आपसे क्या कहूँ?...? वे सबके प्रति बहुत उदार हैं। मैं आपसे कह नहीं सकती कि कितने उदार हैं, पर अपने प्रति बहुत कड़े हैं। ...
- शारीरिक और मानसिक ब्रह्मचर्य साधने और इस संचय को कलात्मक एवं भावनात्मक दिव्य प्रयोजनों में लगाकर मनुष्य क्या नहीं बन सकता?...? कामकेन्द्र का यह अद्भुत चमत्कार है कि वहाँ से नये मनुष्य जन्म का अवतरण सम्भव होता है। प्राणियों का उ...
- शारीरिक दृष्टि से रुग्ण, कमजोर तथा मानसिक दृष्टि से अविकसित स्त्रियाँ अपना तो निर्माण कहाँ से करेंगी?...? शारीरिक दृष्टि से स्वस्थ एवं निरोग बनने के लिए प्रकृति के नियमों का पालन नितान्त आवश्यक है। प्रकृति ...
- शारीरिक बल किसे कहते हैं?...? देह की ताकत को भी कहते हैं और दिमाग की ताकत को भी कहते हैं। अपने दिमाग को सक्षम बनाना, योग्यता बढ़ान...
- शासन संचालन को देखते हुए नये सिरे से सोचना पड़ता है कि राजतंत्र, अधिनायकवाद आदि की तुलना प्रजातंत्र को मिल भी सकती है या नहीं?...? प्रत्यक्षवाद ने आदर्शों पर से आस्थाएँ बुरी तरह डगमगा दी हैं। जैसे भी बने स्वार्थ साधन ही प्रमुख दृष्...
- शास्त्रकार, कलाकार क्या करते हैं?...? वे एक काम करते हैं—अपने विचारों की शक्ति का निग्रह करते हैं और एक खास काम पर लगाते हैं।...
- शास्त्रकारों ने क्या कहा है?...? यह जानने के लिए मित्रो, मैंने पढ़ना शुरू किया और पढ़ते-पढ़ते सारी उम्र निकाल दी। पढ़ने में क्या-क्या पढ़ा...
- शास्त्रीय प्रतिपादनों के आधार पर यह खोजा जा रहा है-क्या अग्निहोत्र का उपयोग आधि व्याधियों का निवारण कर सकने वाली चिकित्सा पद्धति के रूप में हो सकता है?...? आशा बँध चली है कि अग्निहोत्र चिकित्सा जब अपने समग्र रूप में प्रस्तुत होगी, तो उसका महत्त्व वर्तमान क...
- शास्त्रों में लिखा है, तो शास्त्रों को क्यों नहीं मानेंगे?...? "तस्मात् शास्त्रम् प्रमाणम्"। तेरे लिए शास्त्र प्रमाण है, ऋषि ने लिख दिया, आप्तपुरुष ने लिख दिया। मह...
- शाहजहाँ के ताजमहल की तुलना में आज यदि मुझसे पूछा जाए कि ज्यादा दिलेर कौन सा था और जनता की श्रद्धा किसके ऊपर टपकती है?...? तो मैं समझता हूँ कि शाहजहाँ की तुलना में हजारी किसान था, जिसके ऊपर हमारी आँखों में से आँसू और श्रद्ध...
- शाहजहाँ के ताजमहल की तुलना में आज यदि मुझसे पूछा जाए कि ज्यादा दिलेर कौन-सा था और जनता की श्रद्धा किसके ऊपर टपकती है?...? तो मैं समझता हूँ कि शाहजहाँ की तुलना में हजारी किसान था, जिसके ऊपर हमारी आँखों में से आँसू और श्रद्ध...
- शिक्षण को समझता नहीं है?...? भावना को समझता नहीं है? प्रेरणा को समझता नहीं है? हिसाब को समझता नहीं है? बस, वही ‘राम नाम जपना पराय...
- शिक्षण, चीनी भाषा में आपको मालूम नहीं?...? चीनी भाषा में जो अक्षर है, खिलौने के रूप में हैं। जैसे चिड़िया है—‘च’, तो ‘च’ को चिड़िया के रूप में व्...
- शिक्षा - शिक्षा के साथ-साथ में क्या करें?...? आप अपने हर कुटुम्बी को स्वावलम्बी बनाइए, किसी को परावलम्बी मत बनने दीजिए। आप अपनी स्त्री को स्वाबलम्...
- शिक्षा का क्या मतलब?...? शिक्षा का मतलब है, उनको लोकाचार आए।...
- शिक्षा का क्या मतलब?...? शिक्षा का मतलब है - उनको लोकाचार आए, उनको ये मालुम पड़े कि संसार की बनावट क्या है, भूगोल क्या है, इति...
- शिक्षा का मतलब क्या है?...? शिक्षा का मतलब यह है कि उनको लोकाचार आये। उनको यह मालूम पड़े कि संसार की बनावट क्या है? भूगोल क्या है...
- शिक्षा का मतलब है - उनको लोकाचार आए, उनको ये मालुम पड़े कि संसार की बनावट क्या है, भूगोल क्या है, इतिहास क्या है?...? दुनिया में इंसानों की चाल-चलन क्या रहे हैं? दुनिया में किस तरीके से उतार-चढ़ाव आते रहते हैं, ये हम इ...
- शिक्षा के क्षेत्र में थोड़ी प्रगति देखने को मिली तो अवश्य, पर उसी अनुपात से दहेज की माँग बढ़ जाने की समस्या ने उनके भविष्य पर जबरदस्त प्रश्नचिह्न लगा दिया कि बच्चियों को ऊँची शिक्षा दिलाई जाए अथवा नहीं?...? भारतीय समाज की प्रगति में यह प्रश्न अहं महत्त्व रखता है। उसे सुलझाया न गया तो परिवार नारकीय यंत्रणाओ...
- शिक्षा के लिए पैसा कहाँ से आएगा?...? इनको खेलने के लिए रेल कहाँ से आएगी? हमको तो बस काम-वासना से प्यार है। हम तो चौरासी बच्चे पैदा कर...
- शिक्षा के लिए पैसा कहाँ से आएगा?...? इनको खेलने के लिए रेल कहाँ से आएगी? हमको तो बस काम-वासना से प्यार है। हम तो चौरासी बच्चे पैदा करेंगे...
- शिक्षा के साथ-साथ में क्या करें?...? अपने हर कुटुम्बी को स्वावलम्बी बनाइए। किसी को परावलम्बी मत बनने दीजिए। आप अपनी पत्नी को स्वावलम्बी बन...
- शिक्षा क्या है?...? स्थूल शरीर से आप प्रतीकों का पूजन करेंगे, चावल चढ़ाएँ, हाथ जोड़ें, नमस्कार करें, माला घुमाएँ, मन्त्र क...
- शिक्षा क्या है?...? स्थूल शरीर से आप प्रतीकों का पूजन करेंगे, चावल चढ़ाएँ हाथ जोड़ें, नमस्कार करें, माला घुमाएँ, मन्त्र ...
- शिक्षा तो है पर विद्या नहीं है फिर क्या फायदा?...? विद्या और शिक्षा, रोजी और रोटी से ताल्लुक रखती है। विद्या का हमारे समूचे मानव जीवन से ताल्लुक है। जो...
- शिक्षा तो है, पर विद्या नहीं है, फिर क्या फायदा?...? शिक्षा, रोजी और रोटी से ताल्लुक रखती है। विद्या का हमारे समूचे मानव जीवन से ताल्लुक है। जो मैंने पहल...
- शिक्षा न होगी तो आदमी अपने शरीर को सम्भाल किस तरीके से पायेगा?...? समाज के साथ में तालमेल बिठा किस तरीके से पायेगा? अपनी अकल का उपयोग किस तरीके से कर पायेगा? ये सब जान...
- शिक्षा बढ़ेगी, सभ्यता बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते हैं?...? दौलत बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते है? मित्रो! इससे आदमी के ऊपर मुसीबतें ही आएँगी। हम और आप जिस जमाने म...
- शिक्षा बढ़ेगी, सभ्यता बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते हैं?...? दौलत बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते हैं। मित्रो! इससे आदमी के ऊपर मुसीबतें ही आएँगी। हम और आप जिस जमाने...
- शिक्षा, चिकित्सा, परिवहन, संचार, शिल्प, विज्ञान कला जैसे प्रसंगों से नर वानरों का भला क्या सम्बन्ध रहा होगा?...? यह मानवी सूझ-बूझ ही है कि उसने परिवार संस्थान, समाज और शासन का ढाँचा खड़ा कर दिया। नीति, दर्शन, आचर...
- शिक्षाएँ क्या है?...? प्रकाश क्या है? बुद्धिजीवी जनता उमड़ती और घुमड़ती चली आ रही है। हर बात में क्यों और कैसे? क्यों और कै...
- शिक्षाएँ क्या हैं?...? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बारे में किताब में छपवा रहे हैं। इसमें शिखा और सूत्र के बारे में एक हम...
- शिक्षित होने के बाद भी कोई यदि संकीर्ण स्वार्थों की परिधि में रह जाता है, तो उसमें और किसी प्रकार मेहनत मजदूरी से पेट भरने वाले अशिक्षितों में क्या अन्तर रहा?...? कहना न होगा उपरोक्त लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए प्रचलित शिक्षण प्रणाली में आवश्यक हेर-फेर अभीष्ट है।...
- शिखा और यज्ञोपवीत क्या है?...? बताइए। ये हैं हमारे गायत्री मंत्र और यज्ञ। ये दोनों के दोनों प्रतीक हैं। यज्ञ से उपवीत क्या हुआ? यज्...
- शिखा और यज्ञोपवीत क्या हैं?...? बताइए। ये हैं हमारे गायत्री मंत्र और यज्ञ। ये दोनों के दोनों प्रतीक हैं। यज्ञ से उपवीत किया हुआ, यज्...
- शिखा क्या है?...? शिखा के पीछे तीन चीजें छिपी पड़ी हैं। हिन्दू समाज में शिखा की शिक्षाएँ तीन बताई जाती हैं। इसके पीछे त...
- शिखा क्या है?...? शिखा एक विवेकशीलता की देवी, ज्ञान की देवी हमारे मस्तिष्क के ऊपर हावी है। मस्तिष्क के ऊपर हावी है और ...
- शिखा क्या है?...? शिखा के पीछे तीन चीजें छिपी पड़ी हैं। हिन्दू समाज में शिखा की शिक्षाएँ तीन बताई जाती हैं। इसके पीछे ती...
- शिखा क्या है?...? शिखा—एक विवेकशीलता की देवी, ज्ञान की देवी हमारे मस्तिष्क के ऊपर हावी है। मस्तिष्क के ऊपर हावी है और ...
- शिखा क्या है?...? बेटे गायत्री मंत्र है। हमारे किले के ऊपर झण्डा फहरा रहा है। लाल किले के ऊपर झण्डा फहराते है। काँग्रे...
- शिखा सूत्र क्या हैं?...? अरे, कुछ भी नहीं हैं—गायत्री मंत्र हैं। एक को हमने शरीर के ऊपर अर्थात् दिमाग के ऊपर अर्थात् चेतना के...
- शिखावंदन क्या है?...? इसके पीछे एक और बात छिपी हुई है। क्या छिपी हुई है? इसके पीछे भगवान की मूर्ति छिपी हुई है। शंकर जी की...
- शिखावंदन क्या है?...? इसके पीछे एक और बात छिपी हुई है। क्या छिपी हुई है? इसके पीछे भगवान की मूर्ति छिपी हुई है। शंकर जी की...
- शिव पसन्द है, तो आप यह मानकर चलिए कि शिव भगवान कैसे हैं?...? वे गंगा के रूप में उत्कृष्ट विचारधारा को प्रवाहित करते हैं। आप विचार कीजिए कि हमारे शिव के, सिर के ...
- शिवलिंग की स्थापना कराए और आकर के हमको आशीर्वाद दे, तब क्या रावण नहीं आया था?...? मित्रो! लक्ष्मण ने कहा—हाँ, रावण तो आया था। तब उसने हमको आशीर्वाद नहीं दिया था? हाँ, दिया था। हमने क...
- शिवलिंग में और विष्णु में यानि शालिग्राम में क्या फर्क है?...? ‘‘एकं सद्विप्रा बहुधा वदन्ति’’—दोनों एक हैं। दुनिया का मालिक एक है। इस दुनिया का संचालक एक है। अनेक...
- शिवाजी का इतना भारी धनुष तोड़ा जाए?...? लंका में जो राक्षस रहते हैं, उनको किस तरीके से समाप्त किया जाए? रामराज्य की स्थापना कैसे की जाए? ये ...
- शिवाजी की घटना आपको मालूम है न?...? सैनिकों ने एक मुस्लिम लड़की को पकड़कर उनके समक्ष प्रस्तुत किया था, जिसे देखकर उन्होंने कहा कि काश! मेर...
- शिवाजी के नाम से जो संग्राम चला, उसके असली संचालक कौन थे?...? समर्थ गुरु रामदास। समर्थ गुरु रामदास का इतिहास-भगवान् का इतिहास है। आपका इतिहास? औरों का इतिहास-बं...
- शिवाजी के नाम से जो संग्राम चला, उसके असली संचालक कौन थे?...? समर्थ गुरु रामदास। समर्थ गुरु रामदास का इतिहास भगवान का इतिहास है। आपके ये पूजा करने के ढंग भगवान से...
- शिवाजी के बारे में आपको मालूम है?...? छोटा सा, नन्हा-सा लड़का मराठा, उसको किस तरीके से समर्थ गुरु ने छत्रपति शिवाजी बना दिया। उसकी परीक्षा...
- शिवाजी कौन थे?...? शिवाजी वह व्यक्ति थे, जिन्होंने हिन्दुस्तान को आजाद कराने की तवारीख में पहला कदम उठाया और समर्थ ग...
- शिवाजी खड़े रामदास का मुँह ताकने लगे तो वे हँसकर बोले-अरे खड़ा क्या देखता है तू समझता है मेरा काम छोटा है?...? अपने देश और जाति के उत्थान की भावना से किया गया हर काम महान् होता है। (७) सार्वजनिक चिकित्सालय के लि...
- शिवाजी ने उससे पूछा-‘तुम कौन हो?...? और यहाँ किसलिए आये थे?’
बालक ने कहा-मेरा नाम मालोजी है और मैं आपकी हत्या करने के लिए यहाँ आया था। मह...
- शिवाजी ने कहा कि मेरे पास वैसी साधन सामग्री कहाँ है?...? मैं तो छोटे से गाँव का एक अकेला लड़का, इतने बड़े काम को कैसे कर सकता हूँ। समर्थ गुरु रामदास ने कहा, &...
- शिवाजी ने कहा कि मेरे पास वैसी साधन-सामग्री कहाँ है?...? मैं तो छोटे से गाँव का एक अकेला छोकरा, इतने बड़े काम को कैसे कर सकता हूँ? समर्थ गुरु रामदास ने कहा, ...
- शिवाजी ने कहा कि मेरे पास वैसी साधन-सामग्री कहाँ है?...? मैं तो छोटे से गाँव का एक अकेला छोकरा, इतने बड़े काम को कैसे कर सकता हूँ। समर्थ गुरु रामदास ने कहा,...
- शिवाजी, प्रताप, चन्द्रगुप्त, विवेकानन्द, विनोबा आदि से कितनी पूजा-अर्चा बन पड़ी?...? इस सम्बन्ध में तो कुछ अधिक नहीं कहा जा सकता, पर इतना सर्वविदित है कि उनने दिव्य चेतना के आह्वान को स...
- शिष्यों ने पूछा-आपको इतनी गहरी नींद आने की क्या वजह है?...? यमदूत हैं चिन्ताएँ उन्होंने कहा कि हम निश्चिन्त होकर के सोते हैं। चिन्ताओं का भार, चिन्ताओं का वजन आ...
- शिष्यों से पूछा—यह कमण्डलु डूबेगा कि नहीं?...? उन्होंने कहा—यह क्यों डूबेगा? यह डूबता थोड़े ही है। कमण्डलु डूबने वाला नहीं है। यह तो तैरता रहेगा। भग...
- शीरा जानते हैं, किससे बनता है?...? गुड़ में से निकलता है। बच्चों ने आपस में रुई चिपका दी और वह बन गया लंगूर। उसके एक पूँछ लगा दी और वह ...
- शीरा जानते हैं, किससे बनता है?...? गुड़ में से निकलता है। बच्चों ने आपस में रूई चिपका दी और वह बन गया लंगूर। उसके एक पूँछ लगा दी और वह ल...
- शीर्ष कौन सा है?...? ॐ भूर्भुवः स्वः। इसका क्या अर्थ है? क्या फिलॉसफी है? आप हर एक को समझाना और अपने जीवन में भी उतारना। ...
- शीर्ष क्या है?...? मोरध्वज-वह इसका शीर्ष है और तीन इसके चरण हैं। चारों को मिला करके गायत्री को चार पाद वाली भी कहा है। ...
- शीलन भरी हवा है, तो?...? नेपाल की तराई में शीलन भरी हवा चलती हैं, इसलिए तराई में जितने भी लोग रहते हैं, उनमें गले की शिकायत प...
- शीशा है, शीशे को अगर आप मैला-कुचैला रख दें, उसमें फिर अपना चेहरा देखना चाहें तो दीखेगा क्या?...? नहीं दीखेगा। पानी के भीतर आप चेहरा देखना चाहें, बिम्ब देखना चाहें, तो पानी को साफ होना चाहिए। इसलिए ...
- शुकदेव को इस बात का ज्ञान नहीं है कि मर्द कौन होता है और औरत क्या होती है?...? इन्हें दोनों में फरक का ज्ञान नहीं था। ये परमहंस थे। उनकी दृष्टि में कोई अन्तर नहीं था। हमने उनकी दृष...
- शुकदेव जी कौन है?...? व्यास जी के बेटे हैं। तो क्या बेटे से कथा कहलवायेंगे, बाप से नहीं कहलवायेंगे? हाँ, बेटे से कहलवायेंग...
- शुकदेव जी कौन हैं?...? शुकदेव जी व्यास जी के बालक हैं, जिनकी उमर चौबीस-पच्चीस साल है। चौबीस साल के बच्चे को बुला लें और नब्...
- शुकदेव जी कौन हैं?...? शुकदेव जी व्यास जी के बालक हैं, जिनकी उमर चौबीस-पच्चीस साल है। चौबीस साल के बच्चे को बुला लें और नब्...
- शुकदेव जी ही क्यों?...?
तो फिर किसी और विद्वान को बुलाइए। लोगों ने औरों के नाम बताए, पर राजा परीक्षित मना करते रहे। त...
- शुद्ध लोहा गोदाम में भरा रह सकता है, पर उससे तलवार कैसे बने?...? ढलाई से इन्कार किया जाय तो लोहा लगभग इसी स्तर पर किसी गोदाम में पड़ा रहेगा, जिस पर कि मिट्टी में मिली...
- शुभ कर्म किसे कहते हैं?...? बेटे! शुभ कर्म दो हैं और कोई तीसरा शुभ कर्म नहीं है। एक शुभ कर्म है—अपने कुसंस्कारों को धोना, यह भी ...
- शुरुआत जहाँ से हुई थी—छोटी-सी हुई थी, लेकिन धीरे-धीरे बढ़ते-बढ़ते न जाने कहाँ जा पहुँची?...? और गायत्री मंत्र से निकलने वाली भारतीय संस्कृति न जाने फैलते-फैलते कहाँ जा पहुँची है? इतना ज्यादा वि...
- शृंगार कहाँ से आये?...? उन्होंने सिन्दूर से उनको लपेट दिया, और सिन्दूर से उन पत्थरों को लपेट देने के बाद में हनुमानजी की मूर...
- शृंगार कहाँ से आये?...? उन्होंने सिन्दूर से उनको लपेट दिया और सिन्दूर से उन पत्थरों को लपेट देने के बाद में, हनुमान जी की मू...
- शृंगी ऋषि ने पूछा—"आप लोग कौन हैं?...? '' "हम भी विद्यार्थी हैं।" शृंगी ऋषि ने जब उनसे यह पूछा कि हम तो अट्ठाईस वर्ष के हो गए और हमारी दाढ़...
- शेख ने अपने को तमाचा मारा और कहा-भगवान् यह क्या कम है कि तूने मुझे पैर तो दिये?...? (७) ब्रह्मा जी ने कुत्ता, बिल्ली, बैल भेड़, हाथी, साँप एक-एक कर अनेक जीव बनाये और सबसे पूछते गये तुम...
- शेर को मारकर रख लेते हैं, फिर उसकी पूँछ को पकड़कर ले आते हैं, परन्तु उनकी ताकत का क्या कहना?...? जहाँ कहीं भी खेलकूद प्रतियोगिता होती वे वहाँ से छह-सात स्वर्ण पदक तक जीतकर ले आते। ऐसी परिस्थिति में...
- शेष तरीके से हम क्यों न भरें?...? हम जो बाकी पेट भरने के अलावा कार्य कर सकते हैं, वह क्यों न करें?...
- शैय्यादान, गोदान आदि मृतक के नाम पर जो लोग लेते हैं वे उन वस्तुओं आदि मृतक के नाम पर जो लोग लेते हैं वे उन वस्तुओं को अथवा अनुदान से प्राप्त शक्ति को परमार्थ कार्य में तो लगाते नहीं, फिर मृतक को उसका लाभ मिलेगा कैसे?...? ‘ब्राह्मण वंश का व्यक्ति जो भले ही परमार्थ परायण न हो-दान पाकर पुण्य-फल उत्पन्न कर सकता है।’ यह मान्...
- शैली से क्या है?...? हमारे सिद्धान्त और भावनाएँ तो एक ही हैं।
हमने कहा—तो गुरुजी ने कहा और गुरुजी ने कहा—तो हमने कहा, ब...
- शैव, शाक्त, वैष्णव, रामानन्द, कृष्ण उपासक आदि देवताओं के नाम पर, क्षेत्रों और परम्पराओं के नाम पर इनके इतने विभाजन हैं कि आश्चर्यचकित रह जाना पड़ता है कि इतने विभेदों से भरे समुदाय को एक कैसे कहा जाय?...? न केवल हिन्दुओं में वरन् मुस्लिम, ईसाई, बौद्ध आदि में भी कई-कई भेद-उपभेद वाले सम्प्रदायों की भरमार ह...
- शॉर्टकट क्या हो सकता है?...? शॉर्टकट बेटे! ऐसा होता है कि कई बार अन्धे और पंगे की अपनी-अपनी आवश्यकताएँ पूरी हो जाती हैं। जैसे, एक ...
- शौर्य है कि नहीं है?...? मुँह फाड़- फाड़ करके ही- ही करेंगी और गलत तरीके से उलटे- सीधे कपड़े पहन कर बैठेंगी। ऐसा किया, तो बेटे...
- श्मशान घाट में जाइये, अस्पतालों में जाइये, दुर्घटना स्थलों पर जाइये, अन्धों को देखकर आइये कि भगवान् भक्त वत्सल हैं कि जल्लाद हैं?...? तो महाराज जी! यह है क्या? कुछ भी नहीं है। आपके जैसे कर्म हैं, कर्म के हिसाब से भक्तवत्सल भी हैं और क...
- श्रद्घा से सृष्टा कैसे छुपते?...? पत्नी ने कहा, ‘‘आपने इस पर सोचा नहीं। वे स्वयं ईश्वर हैं। राम व कृष्ण स्वरूप। इसलिये ही तो भागवत् व ...
- श्रद्धा अगर आपके भीतर हो तो क्या होगा?...? बेटे, जब समर्थ गुरु रामदास की श्रद्धा जगी तो ब्याह-शादी करने की अपेक्षा वे वहाँ चले गये, जहाँ उन्हें...
- श्रद्धा आपके भीतर न होती, तो आप इतना किराया-भाड़ा खर्च करके क्यों आते?...? दुपहरी के दिनों में कष्ट क्यों उठाते? यहाँ कोई मिठाई मिलती है क्या आपको? यहाँ पंखे मिलते हैं क्या? य...
- श्रद्धा कहते हैं—श्रेष्ठता से ‘असीम प्यार’ को?...? श्रद्धा का एक और अर्थ मैं आपको बताना चाहता हूँ। श्रद्धा का अर्थ व्यक्ति विशेष की श्रद्धा से नहीं है।...
- श्रद्धा का भी कुछ मालूम है?...? खिलौने लिए फिरते हो। बेवकूफो! केवल खिलौने से कोई बात नहीं बनेगी। शालिग्राम लाए हैं, फलानी चीज लाए है...
- श्रद्धा किसे कहते हैं?...? गायत्री माता की कृपा क्या होती है? यह तीनों चीजें, तीनों सम्पदायें उस कीमत पर दी जाती हैं, जिन्हें...
- श्रद्धा किसे कहते हैं?...? श्रद्धा कहते हैं—श्रेष्ठता से ‘असीम प्यार’ को? श्रद्धा का एक और अर्थ मैं आपको बताना चाहता हूँ। श्रद्...
- श्रद्धा की शक्ति का अगर अनुभव किया तो मैं फिर यह पूछता हूँ कि आपने क्या सिद्धान्त और आदर्श जो मानवीय आदर्श हैं, उनके प्रति चलने की हिम्मत इकट्ठी की?...? मैं पूछता हूँ कि आदर्श आपसे यदि यह पूछे कि आप हमारे कन्धे पर सवार हो जाइये। तब क्या आप सिद्धान्तों और...
- श्रद्धा को भी जानते हो?...? श्रद्धा को भी पूछते हो? श्रद्धा का भी कुछ मालूम है?खिलौने लिए फिरते हो। बेवकूफो! केवल खिलौने से कोई ...
- श्रद्धा को भी पूछते हो?...? श्रद्धा का भी कुछ मालूम है?खिलौने लिए फिरते हो। बेवकूफो! केवल खिलौने से कोई बात नहीं बनेगी। शालिग्रा...
- श्रद्धा क्या है?...? श्रेष्ठता के प्रति असीम प्यार—इसका नाम है श्रद्धा। श्रद्धा मनुष्यों के भीतर से चली गयी। श्रेष्ठता के...
- श्रद्धा क्या होती है?...? भावना। इन तीनों को आप जोड़कर चलें, तो छोटे-से कर्मकाण्ड भी आपके लिए कमाल दे सकता है और ये आपको प्रेरण...
- श्रद्धा जब आती है तो क्या होता है गुरुजी?...? श्रद्धा जब आती है तो बेटे आदर्शों के प्रति असीम प्यार हो जाता है व्यक्ति को। श्रद्धा का अर्थ है—‘‘श्...
- श्रद्धा दी है?...? समाज को कुछ दिया है? दे करके देखिये और यह पाइये कि कितना ज्यादा सन्तोष मिलता है मनुष्य को। आदमी अगर...
- श्रद्धा पैदा कर सकती है?...? हाँ श्रद्धा गुरु पैदा कर सकती है। गुरु द्रोणाचार्य कौन था? द्रोणाचार्य था- एकलव्य का बेटा, उसने इस...
- श्रद्धा भी सुनी है कि नहीं?...? कभी श्रद्धा भी देखी है? श्रद्धा को भी जानते हो? श्रद्धा को भी पूछते हो? श्रद्धा का भी कुछ मालूम है?ख...
- श्रद्धा शामिल कर दें, फिर आप देखिये किस तरह से कमाल होता है?...? श्रद्धा को शामिल करने के बाद में अगर आपके कर्मकाण्डों में गलती रह जाती है, तो फिर कोई हर्ज की बात नह...
- श्रद्धा से रहित आदमी के पास भगवान कहाँ से आ जाएगा?...? देवता कहाँ से आ जाएगा? मंत्र कहाँ से आएगा। श्रद्धा के बिना पूजा-पाठ एवं सारे कर्मकाण्ड प्राणहीन,खोखल...
- श्रद्धा है आप में?...? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा बन्द हो गई है। कोई आता नहीं है। सबमें लड़ाई हो गई है...
- श्रद्धा है आप में?...? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा बन्द हो गई है। कोई आता नहीं है। सबमें लड़ाई हो गई है। स...
- श्रद्धा हो उस व्यक्ति को भेजो, मरे-मराए आ जाएँगे तो हमें नहीं चाहिए, गंगाजी में डालने पड़ेंगे, कोई कहेगा आप अशुभ कैसे कह रही हैं?...? वह नहीं, मैं ठीक बोल रही हूँ। पढ़े-लिखे नहीं तो हम उनका क्या करेंगे? हमें वह व्यक्ति चाहिए जो खुद जा...
- श्रम की पूँजी आप कहाँ से लाएँगे?...? समय की पूँजी आप कहाँ से लाएँगे? साधनों की पूँजी आप आत्मा की उन्नति के लिए लगा सकते थे, उसको कहाँ स...
- श्रम की पूँजी आप कहाँ से लाएँगे?...? समय की पूँजी आप कहाँ से लाएँगे? साधनों की पूँजी आप आत्मा की उन्नति के लिए लगा सकते थे, उसको कहाँ से ...
- श्रम की शक्ति को, समय की शक्ति को आप समझते हैं, मूल्य समझते हों, तो न जाने आप क्या-से कर सकते हैं?...? मनोयोग वगैरह आप लगाएँ तब? मनोयोग लगाएँ, तो आपने देखा है न! मन लगा के परिश्रम करें तब? मन लगा के परिश...
- श्रम को हमने किसके लिए खर्च किया है?...? बेटे, सारे का सारा श्रम इस शरीर के लिए खर्च कर दिया। समय हमारे पास था। हमारी एक-एक साँस हीरे से बन...
- श्रम संलग्नता बने कैसे?...? इन समस्याओं का समाधान एक ही है कि जिन ललक लिप्साओं में इतने दिनों अपनी क्षमताएँ संलग्न रही हैं, उन्ह...
- श्रम से घृणा तो नहीं करते?...? (७) परिवार को सुसंस्कारी बनाने के लिए आवश्यक ध्यान एवं समय लगाते हैं या नहीं?(८) आहार सात्विकता प्रध...
- श्रवण कुमार के तरीके से बेटे होते हैं और राहुल के तरीके से बेटे होते हैं और बेटियाँ कैसी होती हैं?...? बेटियाँ संघमित्रा के तरीके से होती हैं। संघमित्रा सम्राट अशोक की बेटी थी। उसने कहा, पिता जी आपने संन...
- श्रवणकुमार के तरीके से बेटे होते हैं और राहुल के तरीके से बेटे होते हैं और बेटियाँ कैसी होती हैं?...? बेटियाँ संघमित्रा के तरीके से होती हैं। संघमित्रा सम्राट् अशोक की बेटी थी। उसने कहा, पिताजी आपने संन...
- श्री घनश्यामदास बिड़ला जी ने गुरुजी से पूछा, ‘‘आचार्य जी, क्या करूँ?...? मैं अपना पैसा विदेश बैंक में स्थानान्तरित कर दूँ क्या? चीन लगातार आगे बढ़ रहा है, भारत का क्या होगा?’...
- श्रीकृष्ण जब कभी मिलेंगे और हमारी बातचीत उनसे होगी, तो हम पहली शिकायत ये करेंगे कि आप तो लोगों के लिए एक नियम और एक कायदा बनाने के लिए आये थे और लोगों की व्यवस्था बनाने के लिए आये थे, लोगों को रास्ता बताने के लिए आये थे और आपने ये कौन-सा रास्ता बताया?...? और जप आप चले आये, तो आपकी देखा-देखी लोगों ने वो ही रास्ता अख्तियार कर लिया और दुनिया में आपने मुसीबत...
- श्रीकृष्ण जी भगवान हैं?...? हाँ श्रीकृष्ण जी कोई एक इनसान ही तो हैं। ऐसी शक्ल वाले तो लाखों-करोड़ों आदमी होंगे। हाँ महाराज जी! ह...
- श्रीकृष्ण भगवान अकेले आये थे?...? नहीं बेटे, अकेले नहीं आये थे। उनके साथ बहुत सारे आदमी आये थे। कौन-कौन आये थे? पाँच देवताओं ने पा...
- श्रीकृष्ण भगवान कहीं दिखाई पड़ते हैं?...? हनुमान जी की कहीं आपने शक्ल देखी है? जब इतने बड़े-बड़े महापुरुष और भगवान के अवतार दुनिया में नहीं रहे,...
- श्रीकृष्ण भगवान का हरा रंग चढ़ेगा कैसे?...? उपासना का मर्म वस्तुतः उपासना वहाँ से प्रारम्भ होती है, जहाँ से हम अपने भीतर अन्तरमुखी हों और ये देख...
- श्रीकृष्ण भगवान काले रंग के थे या गोरे रंग के?...? बेटे! हमने तो देखे नहीं। तो साहब! छापेखाने से जो छपे हुए आते हैं, वे ऐसे ही भगवान थे? ये भगवान तो गो...
- श्रीकृष्ण भगवान किसकी पूजा करते थे?...? श्री कृष्ण भगवान क्या यह जप करते थे। ५००० वर्ष पूर्व क्या उपासना थी? बताइए न आप।मित्रो! तब एक ही उपा...
- श्रीकृष्ण भगवान को भी कलंक लगा?...? हाँ, उनको भी कलंक लग गया था। इनसानों में से सबको कलंक लगा है। फिर निष्कलंक कौन हो सकता है? निष्कलंक ...
- श्रीकृष्ण भगवान को भी कलंक लगा?...? हाँ, उनको भी कलंक लग गया था। इनसानों में से सबको कलंक लगा है। फिर निष्कलंक कौन हो सकता है? निष्कलंक ...
- श्रीकृष्ण भगवान निष्कलंक थे?...? मालूम नहीं है। स्यमंतक मणि की चोरी लग गई थी उन्हें। श्रीकृष्ण भगवान को भी कलंक लगा? हाँ, उनको भी कलं...
- श्रीकृष्ण भगवान निष्कलंक थे?...? मालूम नहीं है। स्यमंतक मणि की चोरी लग गई थी उन्हें। श्रीकृष्ण भगवान को भी कलंक लगा? हाँ, उनको भी कलं...
- श्रीकृष्ण भगवान् ने सोलह सौ रानियाँ की थीं, तो हम तीन कर लें तो क्या गलत है?...? बेकार की बातें मत करें, अपने विचारों को ठीक रखें। हमारी नयी रामायण में है, प्रेरणा-मार्गदर्शन हमने...
- श्रीकृष्ण भगवान् ऐसे ही सुन्दर थे?...? नहीं बेटे, ऐसे नहीं थे। तो कैसे थे श्रीकृष्ण भगवान्? आप ही बताइये? ध्यान कैसे करें? मित्रो! हो सकत...
- श्रीमती यशोदा बहिन जी (मोहाली) जो हमें लेकर आई थीं, प्रणाम के पश्चात् रोज हमें पूछतीं, ‘‘आपने बालक के लिये गुरुजी से बात की?...? ’’ हम कहते-‘‘नहीं।’’ तो वह नाराज़ होतीं और कहतीं,‘‘ गुरुजी से कहना था।’’
वापस जाने का समय भी आ गया...
- श्रीराम शर्मा कहाँ हैं?...? मैं उनसे मिलना चाहता हूँ।’’
गुरुदेव को मजाक सूझा। उन्होंने कहा-‘‘अरे! अरे! देख नहीं रहे हो! इतने बड़...
- शृंगी ऋषि को बहुत गुस्सा आया कि हमारे पिता के साथ में ऐसा मखौल किसने किया है?...? वे क्रोधित हो गए, गुस्से के मारे आँखें लाल हो गईं। गुस्से में ही उन्होंने हाथ में जल लिया और यह कहा ...
- श्रेय किसे मिलता है?...? यह मैं नहीं जानता। एक हवा आती है, जो एक आदमी को अवतार बनने का श्रेय भले दे दे, वास्तव में वह असंख्यो...
- श्रेय मिलेगा तो धन नहीं मिलेगा और धन मिलेगा तो श्रेय नहीं मिलेगा, आप दोनों बात कैसे कहते हैं?...? मित्रो! मैं दोनों बात इसलिए कहता हूँ कि जहाँ आदमी को श्रेय मिलेगा, वहाँ आदमी को वैभव नहीं मिलेगा। तो...
- श्रेय सौभाग्य से व्यक्ति, ईश्वर, समाज सबको क्यों वंचित रह जाना पड़ता है?...? ऐतिहासिक भूमिका निभा सकने में सर्व समर्थ प्रतिभाएँ क्यों पछताते रहने और पछताते रखने की स्थिति में ...
- श्रेष्ठ तरीके से क्यों न भरें?...? पेट भरने के अलावा जो कार्य कर सकते हैं, उसे क्यों न करें?...
- श्लोक गढ़ने में उन्हें कितनी देर लगती थी?...? तब से लेकर अब तक नारी चरण-दासी बनी हुई है और नर, कम से कम नारी के लिए तो सर्वशक्तिमान-कर्ता, भर्ता, ...
- श्लोक में इस गुत्थी को सुलझा दिया है कि स्वर्ग-नरक किस प्रकार मिलता है?...? गरुड़ पुराण में इस सम्बन्ध में एक अलंकारिक विवरण दिया गया है, जिसमें कहा गया है कि यमलोक में ‘चित्रग...
- संकल्प अगर (प्राण में से) आप निकाल दें तो फिर क्या काम बनेगा?...? राणा प्रताप ने आपको ध्यान है राणा प्रताप ने ये निश्चय किया था कि वो थाली में भोजन नहीं करेंगे। जब तक...
- संकल्प की शक्ति से ये क्या चीज नहीं हो सकती है?...? यही है श्रद्धा की शक्ति, जो आदमी के भीतर अन्तराल में निवास करती है। संकल्प शक्ति का विकास भी इसी से ह...
- संकल्प को अगर आप जीवन में से निकाल दें, फिर क्या काम बनेगा?...? आपको ध्यान होगा? राणा प्रताप ने यह निश्चय किया था कि वह थाली में भोजन नहीं करेंगे, जब तक अपनी आज...
- संकल्प बल न हो तब?...? हिम्मत न हो तब? फिर आदमी बेपेंदे लोटे की तरह से इधर-उधर भटकता रहता है। मनोबल बढ़ाने के लिये कोई न क...
- संकल्प में क्या होता है?...? उसका ब्यौरा होता है। गायत्री मंत्र के बारे में जल लेकर के कहते हैं, ‘‘गायत्री छंदः सविता देवता विश्व...
- संकल्प शक्ति किसे कहते हैं?...? संकल्प शक्ति उसे कहते हैं, जिसमें कि यह फैसला कर लिया जाता है कि यह तो करना ही है। यह तो हर हालत म...
- संकल्प-शक्ति किसे कहते हैं?...? संकल्प-शक्ति उसे कहते हैं जिसमें कि ये फैसला कर लिया जाता है कि हमें ये तो करना ही है। ये तो हर हालत...
- संकल्पवान नहीं होता तब, ऐसी ही व्याख्यान करता फिरता, साहब हरे पेड़ लगाइये, हरियाली उगाइये, हरे पेड़ लगाइये हरियाली उगाइये तब, तब फिर कोई लगाता क्या?...? सरकार कितना प्रचार करती है कोई सुनता है क्या? सुनने के लिए ये बहुत जरूरी है कि जो आदमी उस बात को कहन...
- संकल्पवान नहीं होता तब?...? ऐसे ही व्याख्यान करता फिरता तब? हरे पेड़ लगाइये, हरियाली उगाइये। हरे पेड़ लगाइये, हरियाली उगाइये तब?...
- संकल्पों से उन्होंने क्या-से कर डाला?...? आपको ऐसे संकल्पों को चरितार्थ करने के लिए, उज्ज्वल भविष्य को बनाने के लिए यहाँ पूरा सहारा भी है। आप ...
- संकीर्ण स्वार्थपरता के भव-बन्धनों से छुटकारा पा सकना उनसे कैसे बन पड़ेगा?...? जिन्हें सम्पन्नता की तृष्णा और बड़े कहलाने की महत्त्वाकांक्षाएँ जकड़े रहती हैं, उनके लिए विचारशीलता ...
- संकीर्ण स्वार्थपरता को सीमित कैसे रखा जाए?...? सहकारिता, उदारता जन-जन को प्रिय लगे और उसके लिए उत्साह उभरे। तात्कालिक लाभ को इतना महत्त्व न मिले कि...
- संख्या पूरी हो जाने के बाद में कोई परिणाम सामने आ सकते थे?...? नहीं, क्योंकि यदि जीभ को नियंत्रित न किया होता तो शायद परिणाम न आते। जीभ में चमत्कार होते हैं। जीभ स...
- संगठन की शक्ति कितनी बड़ी हो सकती है?...? संगठन की शक्ति बड़ी जबर्दस्त हो सकती है। संगठन की शक्ति, जिसको हम संघ की शक्ति कहते हैं, कामयाब हो गई...
- संगेअसवद क्या होता है?...? पत्थर है। साहब तराशा हुआ पत्थर है। नहीं साहब! ये तो पत्थर को बोसा लेना पड़ता है। हम शालिग्राम को बोसा...
- संग्रह द्वारा घर को कबाड़ीखाना बना देना कहाँ तक ठीक है?...? अतः हम अपने जन्मदिन पर बड़ों का आशीर्वाद, मित्रों की शुभकामनाएँ तथा छोटों द्वारा दुआएँ चाहेंगे कि हम ...
- संघमित्रा जो थी, उसने कहा, पिता जी क्या करना पड़ेगा?...? बेटी, हमारे रास्ते पर चलना पड़ेगा। सम्राट अशोक की बेटी संघमित्रा निकल पड़ी और उसने जितने बुद्ध ने विहा...
- संघमित्रा जो थी, उसने कहा, पिताजी क्या करना पड़ेगा?...? बेटी, हमारे रास्ते पर चलना पड़ेगा। सम्राट् अशोक की बेटी संघमित्रा निकल पड़ी और उसने जितने बुद्ध ने विह...
- संघर्ष किससे किया जाये?...? सूझ-बूझ, सन्तुलन एवं समाधान के लिए प्रतिभा कैसे विकसित हो।...
- संचित कुसंस्कारों से लेकर वर्तमान प्रचलनों के अनेक अवरोध इस मार्ग में अड़ते हैं कि फूटे खण्डहरों जैसी व्यवस्थाओं को किस प्रकार नये सिरे से भव्य भवन का विशाल रूप देने की योजना बनाई जाए तथा इसके लिये निरन्तर कार्यरत और आवश्यक साधन जुटाने की हिम्मत कैसे जुटाई जाए?...? इन दिनों की सर्वोपरि आवश्यकताकरने को तो काम एक ही है, पर वह है इतना बड़ा और व्यापक, जिसकी तुलना हजार...
- सन्त अगर मुर्दा पड़ा रहे, सन्त अगर सोता रहे, तो हम क्या कर पायेंगे?...? आप में सन्त की प्रवृत्ति जागनी ही चाहिए। आपके भीतर एक और भी चीज है, जिसे हम ब्राह्मण कहते हैं। ब्...
- सन्त इसीलिए गरीब पाए जाते हैं?...? भाई साहब! सन्त गरीब नहीं होते, कंगाल नहीं होते, वे उदार होते हैं। वे खाते नहीं हैं, खिला देते हैं। आप...
- सन्त कहीं दिया करते हैं क्या?...? हमारे गुरु ने क्या दिया हमको बताइये? कोई रुपयों का बण्डल दिया है क्या? हमको पोटले भर के दिये हैं क्य...
- सन्त किसे कहते हैं?...? जिसने अपने लोभ एवं मोह को समाप्त कर दिया है। आप देखेंगे कि इस गायत्री परिवार के लोगों में से कितने...
- सन्त किसे कहते हैं?...? परोपकारी को कहते हैं, लोकहित में लगे हुए आदमियों को कहते हैं। समाज के लिए विसर्जित और समर्पित लोगों ...
- सन्त किसे कहते हैं?...? सन्त ब्राह्मण से भी ज्यादा किफायत से रहता है। ब्राह्मण तो फिर भी कपड़े पहन लेता है, लेकिन सन्त इस मामल...
- सन्त किसे कहते हैं?...? जो दयालु होता है। जिसके हृदय में करुणा एवं दया होती है। जो दूसरे के दुःखों को समझते हैं। दूसरों के द...
- सन्त किसे कहते हैं?...? जैसे मक्खन के ऊपर जब धूप पड़ती है तब वह पिघल जाता है, ठीक उसी तरह जो व्यक्ति अपने युग की—अपने समय की,...
- सन्त को कैसा होना चाहिए?...? तुलसीदास जी कहते हैं—‘‘सन्त हृदय नवनीत समाना’’। सन्त का हृदय मक्खन के समान तो होना ही चाहिए। मक्खन के ...
- सन्त क्यों नहीं आते?...? सन्त दुनिया में हैं नहीं क्या? सन्त हैं तो सही, पर कोई आने को तैयार नहीं होता। क्यों? सन्त कहते हैं—
...
- सन्त चाँदी की गाड़ी पर कैसे सवारी कर सकता है?...? आपको यहाँ से जाने के बाद अपना पुराना बड़प्पन छोड़ देना चाहिए और पुराने बड़प्पन की बात भूल जानी चाहिए।...
- सन्त चाँदी की गाड़ी पर कैसे सवारी कर सकता है?...? आपको यहाँ से जाने के बाद अपना पुराना बड़प्पन छोड़ देना चाहिए और पुराने बड़प्पन की बात भूल जानी चाहिए।...
- सन्त जिसे कहते हैं?...? जो दयालु होता है। जिसके हृदय में करुणा एवं दया होती है। जो दूसरे के दुःखों को समझते हैं। दूसरे के दु...
- सन्त तो हम नहीं हैं, पर सन्त परम्परा के विद्यार्थियों से जाना है कि सन्त किसे कहते हैं और सन्त कैसा होना चाहिए?...? सन्त को दूसरों पर दया करनी चाहिए और यदि वह दूसरों की सहायता करने में समर्थ है तो उसे करनी चाहिए। यह ह...
- सन्त दुनिया में हैं नहीं क्या?...? सन्त हैं तो सही, पर कोई आने को तैयार नहीं होता। क्यों? सन्त कहते हैं—
न त्वहं कामये राज्यम्
न...
- सन्त में क्या रखा है?...? सन्त बनाने की सनक तो विनोबा की माँ के ऊपर सवार हुई थी, जिसने अपने तीनों बेटों को ब्रह्मज्ञानी बना दिय...
- सन्त लोग गरीब क्यों रहते हैं?...? बेटे! गरीबी उनकी शान है। गरीबी का गौरव और महत्त्व बढ़ाने के लिए, अपरिग्रह का गौरव बढ़ाने के लिए और स...
- सन्तान अपने गुण, कर्म, स्वभाव से कैसी हो, शरीर से कैसी हो, यह इस बात पर निर्भर करता है कि जन्मदाता माता और पिता की मनःस्थिति कैसी है?...? माता अर्थात् जमीन। जमीन जिस तरह की होगी, पौधों का उसी तरह से बढ़ना और फलना−फूलना सम्भव होगा। पिता अर्...
- सन्तान कैसी होगी और क्या होगी?...? इसका नमूना देखना हो तो पिता को देखना चाहिए कि पिता के गुण, कर्म और स्वभाव, उसका जीवन लक्ष्य क्या है?...
- सन्तान क्या होती है?...? सन्तान औरत के पेट से पैदा होने वाले बच्चे को नहीं कहते हैं। सन्तानें उन्हें कहते हैं जों पीछे बन ला क ...
- सन्तान क्या होती हैं?...? सन्तान औरत के पेट से पैदा होने वाले बच्चे को नहीं कहते हैं। सन्तानें उन्हें कहते हैं जो पीछे चला करते ...
- सन्तान पैदा कर देंगे?...? हाँ, तेरी इच्छा है, कामना है, तो हम पैदा कर देंगे। और कोई कामना-तीसरी कामना, चौथी कामना हो, तो बता...
- सन्तानें कब पैदा होती हैं?...? जब हमारे जीवात्मा और परमात्मा दोनों एक में शामिल हो जाते हैं।
[क्रमशः समापन अगले अंक में]
...
- सन्तुलन कैसे बिठाया जाएगा?...? भगवान् ने भी यह प्रतिज्ञा कर रखी थी कि हम धर्म की स्थापना के लिए और अधर्म के विनाश के लिए वचनबद्ध है...
- सन्तुलन कैसे बिठाया जाएगा?...? भगवान ने भी यह प्रतिज्ञा कर रखी थी कि हम धर्म की स्थापना के लिए और अधर्म के विनाश के लिए वचनबद्ध हैं...
- सन्तुलन देंगे नहीं?...? क्या शान्ति नहीं देंगे? हिम्मत नहीं देंगे? क्या आप इतनी भी कृपा नहीं कर सकते? अगर हमने यह प्रार्थना क...
- सन्तों की कमी है?...? नहीं, कोई कमी नहीं है। अनुदान देने वाले, सहायता करने वाले बेटे! बहुत हैं, पर लेने वाले नहीं हैं। नही...
- सन्तों के पास जाइये और तलाश कीजिए कि उनका बहिरंग जीवन क्या है?...? आपको उनका जीवन भिखारियों जैसा मालूम पड़ेगा। वे यहाँ से पैसा माँगते हैं, वहाँ से पैसा माँगते हैं। यह...
- सन्तोष किसको रहेगा?...? सन्तोष सिर्फ एक आदमी को रहेगा, जिसने अपने जीवन का क्रम ऐसा बना लिया है कि जिससे उसके अन्दर अन्तर्द्वन्द...
- सन्तोष किसको रहेगा?...? सन्तोष सिर्फ एक आदमी को रहेगा, जिसने अपने जीवन का क्रम ऐसा बना लिया है कि जिससे उसके अन्दर अन्तर्द्वन्द...
- सन्तोष किसे कहते हैं?...? बेटे, सन्तोष उसे कहते हैं जिसके कारण आदमी मस्ती में झूमता रहता है, खुशी से झूमता रहता है। आदमी की परे...
- सन्तोष किसे कहते हैं?...? बेटे, सन्तोष उसे कहते हैं, जिसके कारण आदमी मस्ती में झूमता रहता है, खुशी से झूमता रहता है। आदमी की पर...
- सन्तोष कैसे आयेगा?...? आदमी आज इस बुरी तरह से जल रहा है, जैसे कि मैंने सुना है कि राजा सगर के साठ हजार बेटों को कपिल मुनि श...
- सन्तोषी माता क्या होती है?...? सन्तोषी माता वो देवी होती है, जो कोठरी में बैठी रहती है। नहीं बेटे, वह नहीं होती। सन्तोषी माता उसे कहत...
- संध्या कुछ भी नहीं है, गायत्री मंत्र है और क्या है?...? आप गहराई से देखें तो आदमी क्या है, यह पता लग जाएगा। आदमी एक साँप है। साँप कैसा है? यह मस्तिष्क से चल...
- संध्या क्या है?...? संध्या कुछ भी नहीं है, गायत्री मंत्र है और क्या है? आप गहराई से देखें तो आदमी क्या है, यह पता लग जाए...
- संध्या क्यों की जाती है?...? लोग साधु-संन्यासी तो बन जाते हैं, पर इसके उद्देश्यों का ज्ञान उन्हें नहीं होता है। साधु और संन्यासी ...
- संध्या तो करते हैं, पर यह नहीं मालूम कि संध्या का उद्देश्य क्या है, संध्या क्यों की जाती है?...? लोग साधु-संन्यासी तो बन जाते हैं, पर इसके उद्देश्यों का ज्ञान उन्हें नहीं होता है। साधु और संन्यासी ...
- संध्या तो करते हैं, पर यह नहीं मालूम कि संध्या का उद्देश्य क्या है?...? संध्या क्यों की जाती है? लोग साधु-संन्यासी तो बन जाते हैं, पर इसके उद्देश्यों का ज्ञान उन्हें नहीं ह...
- संन्यासी को क्या करना चाहिए और वह क्या-क्या करता है?...? संन्यासी का स्वरूप साफ नहीं करेंगे तो आप देखना, अभी कुंभ में २५ हजार आदमी तो भी हैं, पर अगले वाले कु...
- संन्यासी को क्या करना चाहिए और वह क्या-क्या करता है?...? संन्यासी का स्वरूप साफ नहीं करेंगे तो आप देखना—अभी कुंभ में पच्चीस हजार आदमी तो भी हैं, पर अगले वाले...
- सम्पत्ति चाहते थे तो आपको यह नहीं मालूम है कि सम्पत्ति किसे दी जाती है?...? आप मिठाई खरीदना चाहते हैं ना? तो आप मिठाई किससे खरीदेंगे? नोट लाइए, क्वाइन लाइए। क्वाइन—पैसे का क्या...
- सम्पत्ति से क्या लाभ रहा?...? विद्या से मैं चैन से रहा हूँ लेकिन उसके पास विद्या होने से भी क्या लाभ हुआ? उसके पास धन था, विद्या थ...
- सम्पत्ति ही चाहते थे न?...? हाँ ! सम्पत्ति चाहते थे तो आपको यह नहीं मालूम है कि सम्पत्ति किसे दी जाती है? आप मिठाई खरीदना चाहते है...
- संपदाएँ क्या होती हैं और विभूतियाँ क्या होती हैं?...? संपदा उसे कहते हैं जो कि बाप-दादों की हैं। वे उसे छोड़कर चले जाते हैं और हम उस कमाई को बैठकर खाया क...
- संपदाएँ क्या होती हैं और विभूतियों क्या होती हैं?...? संपदा उसे कहते हैं जो कि बाप-दादों की है। वे उसे छोड़कर चले जाते हैं और हम उस कमाई को बैठकर खाया करत...
- सम्बन्ध किस तरीके से बनाए जायँ?...? यह बात आगे वाली शुरू होती है, आगे मालूम होती है। विषय बड़ा लंबा है और मैं इसे छोटी-छोटी कथाओं के माध्...
- सम्भवतः भगवान् महावीर एवं भगवान् बुद्ध ने वेद और ईश्वर के नाम पर फैली विकृतियों के शमन तथा विवेक सम्मत नयी परम्पराओं को स्थापित करने के लिए इस स्तर के साधना पुरुषार्थ किये हों?...? युगऋषि ने अपने अवतरण का उद्देश्य ‘नवयुग निर्माण की ईश्वरीय योजना’ को मूर्त रूप देना बताया है।...
- सम्भवतः महर्षि वसिष्ठ ने युगों के क्रम में परिवर्तन-संशोधन के लिए अथवा महर्षि विश्वामित्र ने नये स्वर्ग की रचना के लिए इस स्तर के प्रयोग किये हों?...? सम्भवतः भगवान् महावीर एवं भगवान् बुद्ध ने वेद और ईश्वर के नाम पर फैली विकृतियों के शमन तथा विवेक सम्म...
- संयम का प्रारम्भ कहाँ से करना पड़ेगा?...? अपनी जबान के ऊपर काबू करना पड़ेगा। हथौड़ी से, कैंची से और प्लास से उस जीभ को मरोड़ देना पड़ेगा। जीभ बह...
- संयम किसे कहते हैं?...? संयम उसे कहते हैं, जो हमारे जीवन के बिखराव हैं, जिनकी वजह से हमने सब खो दिया, सब गँवा दिया। अगर हम अ...
- संयम क्या होता है?...? और योगाभ्यास क्या होता है? इनसे आपके शरीर और मन पर अर्थात् बहिरंग और अन्तरंग में जो पाप और दुष्प्रव...
- संयम से आदमी का भौतिक जीवन और शारीरिक जीवन बलवान हो जाता है और मानसिक क्षेत्रों में गायत्री क्या देती है?...? गायत्री देती है—जीवट, हिम्मत अच्छे कामों के लिए, श्रेष्ठ कामों के लिए जो हमारे आपके भीतर खत्म हो गई ...
- संयम से क्या मतलब है?...? बेटे ! संयम से मतलब यह है कि हमारी सारी शक्तियाँ बिखराव में नष्ट होती जाती हैं। अगर हम बिखराव को बन्द...
- संयम-वंयम से क्या रहें?...? अभी तो मौज-मस्ती के दिन हैं। बुढ़ापे में ही तो मुसीबत आएगी। आँखों में मोतियाबिंद बुढ़ापे में ही तो हो...
- सम्वेदनाएँ भी किसी के अन्दर हैं क्या?...? दूसरों से सहानुभूति रखने वाले भी दुनिया में कहीं रहते हैं क्या? हम यह देखने आए थे कि सन्त का लिबास पह...
- संसार इतना प्रचार किया करती है, कोई सुनता है क्या?...? सुनने के लिये ये बहुत जरूरी है कि जो आदमी उस बात को कहने के लिये आया है, वो संकल्पवान् हो। संकल्पवान...
- संसार का क्या भला किया?...? भक्त का कल्याण उसके आत्मिक विकास के रूप में होगा। विकास के दो रूप हैं—(१) श्रद्धा का विकास (२) निष्ठ...
- संसार का क्या भला किया?...? भक्त का कल्याण उसके आत्मिक विकास के रूप में होगा। विकास के दो रूप हैं—(१) श्रद्धा का विकास (२) निष्ठ...
- संसार तब इतना सुन्दर कहाँ था?...? यहाँ खाई-खन्दक टीले, ऊसर, बंजर, निविड़ वन और अनगढ़ जीव-जन्तु ही जहाँ-तहाँ दीख पड़ते थे।...
- संसार में ऐसे भविष्यवक्ता तो बहुत-से हैं जो हाथ देखकर यह बताते हैं कि तेरा विवाह कब हो आएगा, पैसा कब आएगा, कब क्या हो जाएगा?...? इसी तरह जन्मपत्री बनाने वाले बहुत-से लोग हैं, किन्तु दुनिया में एक ऐसा व्यक्ति भी हुआ है, जिसने सारे...
- संसार में कहाँ क्या हो रहा है?...? लोगों की विचारधारा किस ओर बह रही है? वर्तमान परिस्थितियों में हमें क्या और कैसे करना चाहिए? इसका ज्ञ...
- संसार में जितने भी युद्ध हो चुके है और बिना युद्धों के कितनी लड़कियाँ जल जाती है?...? आपने नहीं पढ़ते अखबार? क्या से क्या हो रहा है? डकैतियाँ आप नहीं पढ़ते? बलात्कार आप नहीं पढ़ते? हत्याएँ ...
- संसार में ज्ञान-विज्ञान तो बहुत है, पर हमारा मस्तिष्क न हो तो उसका क्या मतलब?...? ईश्वर उन्हीं की सहायता करता है, जो अपनी सहायता आप करते हैं। इसलिए आध्यात्मिकता का सन्देश यह है कि हर ...
- संसार में पात्रता का रिवाज है, तो भगवान के यहाँ क्यों नहीं होगा?...? वर्षा हुआ करती है, तो वर्षा में पानी सिर्फ उतना ही मिलता है, जितना कि हमारे पास पात्र हो। आपके पास थ...
- संसार में संगीत गायन तो बहुत हैं, शब्द बहुत हैं, पर हमारे कान न हों, तो उन शब्दों का क्या मतलब?...? संसार में ज्ञान-विज्ञान तो बहुत हैं, पर हमारा मस्तिष्क न हो तो उसका क्या मतलब ईश्वर उन्हीं की सहायता...
- संसार में सौन्दर्य तो बहुत हैं पर हमारी आँख न हो तो उसका क्या मतलब?...? संसार में संगीत गायन तो बहुत हैं, शब्द बहुत हैं, पर हमारे कान न हों, तो उन शब्दों का क्या मतलब? संसा...
- संसार में सौन्दर्य तो बहुत हैं, पर हमारी आँख न हो तो उसका क्या मतलब?...? संसार में संगीत-गायन तो बहुत हैं, शब्द बहुत हैं, पर हमारे कान न हों तो उन शब्दों का क्या मतलब। संसार...
- संस्कार और भावनाएँ, आस्था और श्रद्धा?...? ये तो आप पैदा नहीं कर पा रहे हैं। नौकरी-नौकरी कहने से। अरे, नौकरी थोड़ी मिल जाएगी, उसमें गुजारा हो ज...
- संस्कार कराने की विधि तो कोई सामान्य आदमी भी पूरा कर सकता है, ये कोई बड़ी बात है क्या?...? विवाह स्त्री-पुरुषों का होता है। पण्डित जी पगड़ी बाँध के आ बैठते हैं, उनको दक्षिणा दे देते हैं, वे श्...
- संस्कार कहाँ से आता है?...? वह माँ-बाप से आता है? हम खुशबूदार परिवार बसाना चाहते हैं मित्रो, आज परिवार संस्था का नाश हो गया है...
- संस्कार के बिना आदमी स्वभाव का कैसा हो सकता है?...? फूहड़ है, अनगढ़ है, बेहूदा है। इसलिए आपको, अपने आपको संस्कारवान स्वयं बनाना चाहिए। कौन बनाएगा? दूसरा क...
- संस्कार के बिना आदमी स्वभाव का तो कैसा हो सकता है?...? फूहड़ है, अनगढ़ है, बेसिलसिले का है। बेहूदा है। इसीलिए आपको, अपने आपको संस्कारवान स्वयं बनाना चाहिए। क...
- संस्कार तो वही है?...? तो ये कह रहा था मैं आपसे, स्वर्गलोक जाने की अपेक्षा अच्छा होता इसी जन्म में आप स्वर्ग बनाने की कोशिश...
- संस्कारी हैं तो क्या और कुसंस्कारी हैं तो क्या?...? कुसंस्कारी हैं तो इनके संस्कार बनाएँगे। इनको फोकट की और हराम की कमाई से जीवनयापन करने वाला व्यक्ति न...
- संस्कृत नहीं आती तो क्या, श्लोक पढ़ना नहीं आता, तो क्या?...? मंत्र जपना और कर्मकाण्ड नहीं आता तो क्या? अनुष्ठान करना नहीं आता तो क्या? शबरी तेरी भक्ति, तेरे सि...
- संस्कृत में भजन शब्द जिससे बना है, पहले इसे देखिए कि इसका क्या अर्थ है?...? पहले इसके माने बताइए, तब आगे चलिए। भज सेवायाम्—अर्थात भज् धातु सेवा शब्द से भजन बना है। सेवा करना, प...
- संस्कृति अगर हम सबकी एक हो तो आदमी अलग- अलग धर्म के नाम पर आपस में टक्कर क्यों मारे?...? अगर दुनिया में एक राष्ट्र हो और सारे के सारे देश उसी के प्रांत मान लिए जाएँ तो राष्ट्रों के बीच कलह ...
- संस्कृति किसे कहते हैं?...? संस्कृति कहते हैं—विचार करने की शैली को, चिन्तन को, भावना को और दृष्टिकोण को। जब हमारा दृष्टिकोण परिष...
- संस्कृति किसे कहते हैं?...? संस्कृति कहते हैं - विचार करने की शैली को, चिन्तन को, भावना को और दृष्टिकोण को। जब हमारा दृष्टिकोण पर...
- संस्कृति किसे कहते हैं?...? संस्कृति वह जिसे ग्रहण करने के बाद आदमी इनसान बन जाता है। इनसान के बाद महामानव फिर भगवान् बन जाता है...
- संस्कृति की सीता को वापस लाने के लिए अब हम क्या कर सकते हैं?...? हमारी और आपकी जैसी भी हैसियत होगी, कोशिश करेंगे। अच्छे कामों के लिए जब आदमी कमर बाँधकर खड़े हो जाते ...
- संस्कृति की सीता को वापस लाने के लिए अब हम क्या कर सकते हैं?...? हमारी और आपकी जैसी भी हैसियत होगी, कोशिश करेंगे। अच्छे कामों के लिए जब आदमी कमर बाँधकर खड़े हो जाते ह...
- संस्कृति क्या होती है?...? संस्कृति कहते हैं—कल्चर को। कल्चर क्या होता है? कल्चर कहते हैं—हमारी विचारणाएँ, हमारी आस्थाएँ, हमारी...
- संस्कृति रावण के मुँह में चली जाएगी, तो क्या होगा?...? बिलकुल यही होगा, जो अभी बताया है। बेटे! अर्थशास्त्र हमको यही सिखाता है। इकोनॉमिक्स हमें यही सिखाती ह...
- संस्कृति रावण के मुँह में चली जाएगी, तो क्या होगा?...? बिलकुल यही होगा, जो अभी बताया है। बेटे! अर्थशास्त्र हमको यही सिखाता है। इकोनामिक्स हमें यही सिखाती ह...
- सच तो है, शिव और शक्ति को भला अलग किया भी कैसे जा सकता है?...?
तेरा डिब्बा नहीं चल रहाअन्तिम दिनों में माताजी बीमार रहने लगी थीं। निर्णय लिया गया कि माताजी को गर्...
- सच बताइए कि क्या मामला है?...? आप तो बहुत होशियार आदमी हैं। अरे साहब! देखिए हमने अपनी जवानी काट डाली। हमने शादी-ब्याह भी नहीं किया।...
- सच-सच बताना, इसी का नाम अनुष्ठान है ना-देवताओं से ट्राई करना?...? क्या ट्राई करना? हमारा ट्रांसफर करा दीजिए। हमने वहाँ कहा-स्युपरिन्टेंडेंट से। उसने क्या कहा? उसने कह...
- सचमुच पशुबलि बन्द हो जायेगी?...? अतः पूरा गाँव इकट्ठा हुआ और तय किया कि आठ ऐसे बुढ्ढे जो मरने वाले हों, वे खड़े हो जाएँ व आठों की गर्द...
- सच्चा अध्यात्म क्या कहता है?...?
इसलिए मित्रो। जो आपने रंग-बिरंगे, चित्र-विचित्र खिलौने बनाकर रखे हैं और उन रंग-बिरंगे खिलौनों...
- सच्चा ईश्वर भक्त, सच्चा अध्यात्मवादी, सच्चा मनुष्य कैसे कहलाए?...? और उस जीवनलक्ष्य को प्राप्त करने लिए त्याग-बलिदान की सेवा साधना में संलग्न होने के लिए कितना बढ़-चढ़...
- सच्चा ईश्वरभक्त, सच्चा अध्यात्मवादी, सच्चा मनुष्य कैसे कहलाये?...? और उस जीवन लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए त्याग बलिदान की सेवा साधना में संलग्न होने के लिए कितना...
- सच्ची प्रगति क्या है?...? ४. भारत विदेशी शासकों से क्यों परास्त हुआ। ५. कामनाग्रस्त व्यक्ति अशक्त क्यों रहते हैं? ६. एषणाएँ कि...
- सजधज में कितना धन व्यय होता है?...? वाहनों, सेवकों द्वारा उसके लिए कितनी सुविधाएँ प्रदान की जाती हैं। विनोद के कितने ही साधन जुटाये जाते...
- सज्जन का मतलब क्या यह होता है कि कोई आदमी आपकी बहिन-बेटी से छेड़खानी करे और आपके प्रति बुरा सलूक करे तब भी आप सब कुछ देखते-सहते रहें?...? यही सोचते रहेंगे कि हमें क्या करना है, भगवान की मर्जी है, ऐसा ही हमारे भाग्य में लिखा है, तब आप ऐसा ...
- सज्जन रहेंगे, तो क्या कायर बनेंगे?...? सज्जन का मतलब क्या यह होता है कि कोई आदमी आपकी बहिन-बेटी से छेड़खानी करे और आपके प्रति बुरा सलूक करे...
- सज्जनता की परख क्या है?...? ३. मिथ्या बोलने से क्या हानि है असत्य कितने प्रकार का होता है। ४. प्रतिष्ठा किसकी स्थिर रहती है? ५. ...
- सज्जनों की कमी है?...? शराफत की कमी है? भलमनसाहत की कमी है? नेक कामों की कमी है? नहीं, कहीं कमी नहीं है। लेकिन आपका दृष्टिक...
- सट्टा मिल जाए तब लाटरी खुल जाए तब जमीन में गड़ा हुआ धन मिल जाए तब, कोई बाप बहुत ज्यादा धन देकर मर जाए तब, तो बेवकूफ आदमी भी धनवान बन सकता है; लेकिन समझदारी की परख एक है उसने खर्च कैसे किया?...? खर्च करना, बहुत समझदारी का काम है। आप फिजूलखर्ची करेंगे, तो अपने घर और औलाद के लिए ऐसी परम्परा छोड़ ज...
- सड़क पर कौन जाती है?...? गंगाजी पर कौन नहा रही है? सब वेश्या। अरे साहब! दुनिया में कोई सती, साध्वी, बेटी, माँ, बहन कोई है? नह...
- सड़क पर कौन जाती है?...? गंगाजी पर कौन नहा रही है? सब वेश्या। अरे साहब! दुनिया में कोई सती साध्वी, बेटी,माँ,बहन कोई है? नहीं ...
- सती का कौन होता है?...? सती का वह होता है कि जिस दिन से अपने पति के घर में आती है। वह हर परिस्थिति में उसका साथ देती हुई चली...
- सती-प्रथा अब कहाँ है?...? छूत-अछूत के बीच जैसा भेदभाव कुछ दशाब्दी पहले चला था, अब उसमें कितना अधिक परिवर्तन हो गया है। आश्चर्य...
- सत्तर और एक—अब इकहत्तरवाँ वर्ष शुरू होता है तो कितना हो सकता है?...? एक को इधर रख लीजिए और सात को इधर रख दीजिए, तो हो जाते हैं—सैवण्टीन—सत्रह। सत्रह अरे ये अक्षरों का है...
- सत्तो क्या कह रहा है?...? जा एकाध झालर लगवा दे।’’
मैंने सत्यप्रकाश जी से चर्चा की व दुकान में आर्डर दे आया। उनके स्तर के अनुर...
- सत्रह और सत्तर में क्या फर्क होता है?...? बेटे कोई फर्क नहीं होता। फर्क होता है तो हमें देख लें। मित्रो! इतना लम्बा आयुष्य कैसे हो सकता है? गा...
- सत्संग किस तरीके से करें?...? सत्संग तो मिलना मुश्किल है, पर अपने घर वालों को नसीहत देने का, शिक्षा देने का, कथा कहने का क्रम जारी...
- सत्संग किस तरीके से करेें?...? सत्संग तो मिलना मुश्किल है, पर लोगों को अपने घरवालों को, लोगों को नसीहत देने का, शिक्षा देने का, कथा...
- सत्संग की महत्ता कम करने का मन है क्या?...? न। चिन्तन-मनन की महत्ता कम है क्या, न। लेकिन एक बात आप ध्यान रखिए। केवल मात्र ज्ञान के साथ, ज्ञान अप...
- सत्संग से भी नहीं और कलम से?...? कलम से तो आप बहुत अच्छा लिखते हैं। बेटे, हम अभी और अच्छा लिखेंगे, पर अगर आपका ये ख्याल है कि कलम से ...
- सत्संग से भी नहीं, और कलम से?...? कलम से तो आप बहुत अच्छा लिखते हैं। बेटे, हम अभी और अच्छा लिखेंगे, पर अगर आपका ये ख्याल है कि कलम से ...
- सत्संगों के लिए कितने भवन बने हुए हैं?...? जहाँ प्रवचनों की कोई कमी नहीं है। एक के बाद एक कथा होती चली जाती है। रामायण की कथा होती चली जाती...
- सदन का नाम सुना है आपने कि वह कैसा आदमी था?...? कसाई का धंधा करता था, जानवर काटता था। पवित्र शालिग्राम पत्थर के बदले माँस तौल-तौलकर बेचता था। बेचता ...
- सदन का नाम सुना है आपने, कि वह कैसा आदमी था?...? कसाई का धन्धा करता था, जानवर काटता था, पवित्र शालिग्राम-पत्थर के बदले माँस तौल-तौलकर बेचता था। बेचता...
- सदा यही कहता रहेगा कि अपनी समस्याओं से ही घिरा हुआ हूँ, जबकि वस्तुत: वास्तविक समस्याएँ मनुष्यों के सामने होती ही कितनी है?...? फिर यदि उन्हें व्यावहारिक बुद्धि द्वारा समझदारी के साथ सुलझाया जाए, तो इतनी सरलतापूर्वक सुलझ जाती है...
- सदाचार के आप खाली विचार करें, तो कैसे बने?...? आप उनके विचारों की एक बड़ी सामर्थ्य बनाइये। एक सेना बना लीजिये। जो भी बुरे विचार आयें उनको काटने के...
- सदाचारी का सम्मान करते हैं क्या?...? जिसने समाज के लिए त्याग और बलिदान किया, उसको हम समझते हैं क्या? जिसने ईमानदारी और भलमनसाहत पर रह करक...
- सदाशयता का जोर-शोर से समर्थन करने वाले ही जब नये-नये मुखौटे बदलकर कृत्य-कुकृत्य करने की दुरभिसन्धियाँ रचते रहे हैं, तो उन्हें कौन किस प्रकार समझाए?...? जागते हुए को कोई क्या कहे? क्या सोते से जाग पड़ने की आवश्यकता समझाए? प्रचार माध्यम अब अपनी विश्वसनीय...
- सद्गति और दुर्गति का कोई माध्यम न हो तो फिर शुभ कर्म और अशुभ कर्म करने वालों को तदनुरूप प्रतिफल कैसे मिलेगा?...? आदि अनेक प्रश्न उभर कर आते है और यह असमंजस उत्पन्न करते हैं कि यदि स्वर्ग-नरक का अस्तित्व था ही नहीं...
- सद्गति और शान्ति कैसे पा सकेंगे?...? व्यक्तिगत जीवन की तरह ही हम यह देखते हैं कि इस दुनिया को सुंदर और समुन्नत बनाने के लिए क्या किया जाए...
- सद्गुणों से, सत्प्रवृत्तियों से कैसे सम्पन्न किया जाय?...? सबसे बड़ा यही एक प्रश्न है, जिसका अगर कोई आदमी समाधान कर लेता है, तो समझ लीजिए कि उसने भविष्य को उज्ज...
- सद्भाव और सहयोग के अभाव में लोग प्रेत-पिशाच से अधिक कुछ रहेंगे ही नहीं, भले ही उनके पास सज्जा और सम्पदा कितनी अधिक क्यों न हो?...? लक्षण आज भी सामने है। कल तो उनके घटने की नहीं, बढ़ने की ही आशंका है।सन्तुलन नियन्ता की व्यवस्था का ए...
- सद्भावना का भार ही क्या कम है जो किसी की सहायता का भार और ओढ़ा जाय?...? यह सुविधा भगवान् से लड़-झगड़कर प्राप्त कर लेंगे, पर जिनने समय-समय पर ममता भर प्यार हमें दिया है, हमा...
- सद्विचारों की सृजनात्मक शक्ति से बड़ी शक्ति और क्या होगी?...?
विचारों का व्यक्तित्व एवं चरित्र पर प्रभावभावनाओं और विचारों का प्रभाव स्थूल शरीर पर पड़े बिना नहीं...
- सन्त किसे कहते हैं?...? परोपकारियों को कहते हैं, लोकहित में लगे हुए आदमियों को (व्यक्ति) कहते हैं। जन-जन को, समाज के लिए विस...
- सन्त, ज्ञानी, वैरागी, ब्रह्मवेत्ता के लिए इस प्रकार की वेदना अशोभनीय हो सकती है, पर हम उस स्तर के हैं कहाँ?...? * लोग प्यार करना सीखें। हममें, अपने आप में, अपनी आत्मा और जीवन में, परिवार में समाज में और ईश्वर में...
- सन्तानोत्पादन में पुरुष भी उतना ही उत्साह दिखाता है तो फिर इस कृत्य के फलितार्थों से निपटने में क्यों अपनी जिम्मेदारी से पल्ला छुड़ाकर भागने का प्रयत्न करना चाहिए?...? कानून पास हो जाने से अब उसका दबाव पुरुषों पर भी पड़ेगा। अब तक दण्ड भुगतने के लिए अकेले नारी को ही बा...
- सन्तों के अखाड़े, धर्म, सम्प्रदाय, संस्था, संगठन, बड़ों की इसी प्रतिस्पर्धा में कलह के केन्द्र बने रहते हैं, उनके संचालकों में से कौन बड़े कहलाए?...? एक ही संस्था के सदस्य, एक ही लक्ष्य के दुहाई देने वाले आखिर इस कदर लड़ते क्यों है? एक दूसरे को नीचा ...
- सन्तोष करने के बाद में यह देखें कि हमारे पास कितना ज्यादा समय है?...? उस समय का सदुपयोग कहीं भी आप कर सकते हैं। वास्तव में परिव्राजक एक संकल्प है, एक व्रत है, एक नियम है,...
- सन्तोष कहाँ प्राप्त हुआ?...? ईमानदारी में हुआ।
शान्ति कहाँ मिली? ईमानदारी में मिली, भले से वह जौ की रोटी क्यों न हो, सत्तू की...
- सपने में दिखाई पड़ती है तो क्या लेकर आती है तेरे लिए?...? नहीं महाराज जी, लेकर तो कुछ नहीं आती मेरे लिए, वैसे ही खाली हाथ आ जाती है। धत् तेरे की। अबकी गायत्री...
- सपने में दिखाई पड़ती हैं, तो क्या लेकर आती हैं तेरे लिए?...? नहीं महाराज जी, लेकर तो कुछ नहीं आती मेरे लिए वैसे ही खाली हाथ आ जाती हैं। धत तेरे की। अबकी गायत्री ...
- सपनों की दुनिया में ही घूमते रहेंगे, या वास्तविकता को भी समझेंगे?...? मित्रो! मुझे ऐसे लोगों के ऊपर गुस्सा आता है, जो वास्तविकता से लाखों मील दूर हैं। महा अज्ञान के जंजाल...
- सपनों की सीमा कैसे बाँधे?...? प्रेमोन्माद भी लगभग ऐसा ही होता है। बेल मगरे तो चढ़ती नहीं, चढ़ती है तो एक ही झोंके में लुढ़ककर छितराती...
- सप्तऋषियों की भूमि और कहाँ है, बताइए आप?...? कहीं नहीं है, मात्र यहीं पर है, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज बना हुआ है। गंगा पहले यहीं पर बहती थी। यहाँ की थोड...
- सप्तऋषियों की भूमि और कहाँ है, बताइये आप?...? कहीं नहीं है, मात्र यहीं पर है, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज बना हुआ है। गंगा पहले यहीं पर बहती थी। यहाँ की थ...
- सप्ताह में एक समय उपवास, जल्दी सोना, जल्दी उठना, आवश्यक ब्रह्मचर्य का नियम पालते हैं या नहीं?...? (९) ईश्वर उपासना, आत्मचिन्तन एवं स्वाध्याय को अपने नित्य-नियम में स्थान दे रखा है या नहीं?(१०) आमदनी ...
- सफल हो जाएँगे?...? नहीं, कभी सफल नहीं होंगे। उपासना में मन लग गया? अभी तक तो नहीं लगा। आगे लगेगा? आगे को मैं आपको आ...
- सफलता शिष्य को जरूर मिलती है, इसमें दो राय नहीं है, लेकिन मिलती कब है?...? जब शिष्य बाँसुरी के तरीके से बिलकुल खाली हो जाता है। आपने बाँस की बाँसुरी देखी होगी। वह बाँसुरी कैसी...
- सफलता-असफलता से क्या बनता-बिगड़ता है?...? सफलता-असफलता की कोई कीमत नहीं। आप ने सही काम किया; नहीं किया, आपके लिए इतना ही काफी है। यह न देखें...
- सफाई किए बिना भगवान की भक्ति से, नाम से आपका कोई उद्धार नहीं हो सकता है किसका हुआ है?...? बताइये जरा साहब उनका हुआ है? बहुत-से पापी लोग थे और वे राम-नाम जपते रहे और राम-नाम जप करके उन सबकी म...
- सफाई टैक्स आवश्यक है?...? हाँ भाई साहब! सफाई टैक्स आवश्यक है। यदि सफाई टैक्स आप नहीं देते तो चुंगी वाला आपको गिरफ्तार करेगा, स...
- सफाई टैक्स आवश्यक है?...? हाँ भाई साहब! सफाई टैक्स आवश्यक है। यदि सफाई टैक्स आप नहीं देते तो चुंगी वाला आपको गिरफ्तार करेगा, स...
- सफाई हो गई तो क्या?...? कोई फरक नहीं पड़ने वाला है। वे नाराज भी नहीं हो सकते, क्योंकि उनके अन्दर प्राण-प्रतिष्ठा नहीं हुई...
- सफेद बाल वाला कोई समझदार होता है क्या?...? भेड़ के बाल सफेद होते हैं तो कोई भेड़ बूढ़ी होती है क्या, बुजुर्ग होती है क्या, कोई गुरु होती है क्या? ...
- सफेद बाल वाले को बुड्ढा कहते हैं, तो क्या आप भेड़ के बच्चे को बुड्ढा कहेंगे?...? भेड़ का बच्चा सफेद बाल का होता है। आपके बाल भी सफेद हैं, तो आपको भेड़ का बच्चा मानना चाहिए और बुड्ढा न...
- सफेद बाल हो गए तो क्या हो गया?...? सफेद बाल होना क्या खराब बात है? सफेद बाल होना तो बहुत अच्छी बात है। अच्छा बताओ लड़कियों, तुम्हारे लिए...
- सफेद बाल होना क्या खराब बात है?...? सफेद बाल होना तो बहुत अच्छी बात है। अच्छा बताओ लड़कियों, तुम्हारे लिए दूल्हा ढूँढ़ें तो सफेद वाला ढूँढ़...
- सब उसके प्रति दयाभाव प्रकट कर रहे थे, पर उसे बचाये कौन?...? कौन जाता? कोई जाने को तैयार नहीं था। वह भी एक कुत्ते को बचाने! कोई आदमी तो है नहीं जो सीधी तरह नाव प...
- सब कुछ होते हुए भी कुछ नहीं की विडम्बना हटती क्यों नहीं, घटती क्यों नहीं, मिटती क्यों नहीं?...? इस अनबूझ पहेली का उत्तर खोजने पर भी कोई दे नहीं पा रहा है। फुरसत न मिलने, व्यस्तता रहने, परिस्थितिया...
- सब कुछ क्या होता है?...? वह होती है आपकी निष्ठा, आपकी श्रद्धा, आपका परिपक्वपन।
गुरुजी के पास पैसा था क्या? नहीं बेटे, ...
- सब कुछ था लेकिन उन्होंने कसम खाई थी कि नहीं बाप की कमाई से हमें नहीं लेना, तो क्या करना है?...? बाप की कमाई बाप तो श्राद्ध तर्पण में जाएगी। हमने कमाई नहीं तो हमें इसमें कोई अधिकार नहीं। उन्होंने न...
- सब कुछ नया ही नया हो यह कैसे सम्भव है?...? इसी प्रकार जो रूठ जाय उससे खुद भी रूठ बैठे तो घर परिवार का चलाना कठिन है। कभी पत्नी से अनबन हो जात...
- सब कुछ शरीर को ही खिलाने और पिलाने के लिए आप करेंगे- ऐसा क्यों करेंगे?...? आत्मा का कोई वकत नहीं है? आत्मा की कोई इज्जत नहीं है? आत्मा का कोई मूल्य नहीं है? आत्मा से आपका कोई ...
- सब कुछ शरीर को ही खिलाने और पिलाने के लिए आप करेंगे—ऐसा क्यों करेंगे?...? आत्मा का कोई वकत नहीं है? आत्मा की कोई इज़्ज़त नहीं है? आत्मा का कोई मूल्य नहीं है? आत्मा से आपका को...
- सब कुछ शरीर को ही खिलाने-पिलाने के लिए करेंगे क्या?...? ऐसा क्यों करेंगे? आत्मा का कोई औचित्य नहीं है क्या? आत्मा की कोई इज्जत नहीं है क्या? आत्मा का कोई मू...
- सब कैसे हुआ था?...? बता दीजिए, हम भी करना चाहते हैं। ऐसी विधि हमको भी बता दीजिए। हाँ बेटे, ला तुझे भी बता देते हैं कि क्...
- सब को आश्चर्य हुआ कि इतनी जल्दी वे कहाँ चले गये?...?
अगले दिन परिजन, अपनी गाड़ी को देखने आये। सभी देखकर हैरान थे कि इतने संकरे रास्ते से बहिनें बाहर कैस...
- सब गंगा नहाने जाएँगे, तो कैसे काम चलेगा?...? ये सब स्वर्ग जाएँगे? उन्होंने कहा—हाँ। पार्वती! कहते तो ऐसा ही हैं कि ये सब स्वर्ग जाएँगे। ये सब कैस...
- सब छोड़कर के आए और उन्होंने पीछे मुड़कर यह नहीं देखा कि गायत्री तपोभूमि कैसी है?...? इसका विस्तार हुआ या क्या हुआ?
जब देशभर में दो हजार शक्तिपीठें बनीं। उनके उद्घाटन के लिए सन् 1980-...
- सब छोड़कर के आए और उन्होंने पीछे मुड़कर यह नहीं देखा कि गायत्री तपोभूमि कैसी है?...? इसका विस्तार हुआ या क्या हुआ जब कि २००० शक्ति पीठें बनीं। उनके उद्घाटन के लिए सन् १९८०-८१ में बाहर ग...
- सब जीवों के साथ परमात्मा को क्या सरोकार है?...? शय्या से उठते ही पहले इस तत्त्व पर मन केन्द्रीभूत कीजिए। तत्पश्चात् जगत में कल्याण भरा है, यह सोचिए।...
- सब देवता चले और यहाँ पर कितने दिन बैठे?...? पाँच दिन बैठे। खिलाओगे क्या? चावल, रोली, धूप, दीप और शक्कर की गोली।चले जाओ हमारे पास फालतू वक्त नहीं...
- सब बेटे को ही खिला देगा क्या?...? अपने पेट को ही खिला देगा क्या? क्या समाज का हक कुछ भी नहीं है? समाज का हक है आदमी की आमदनी के ऊपर। स...
- सब बैठे हुए हैं, सारा घर बैठा हुआ है और देखिए बहू आती है और कैसे पकौड़ी बनाती है, कैसे पकौड़ी बनाकर खिलाती है?...? आप पीले कपड़े पहन करके और अपने पीले हाथ करा करके अपनी ससुराल चले जाना। वहाँ इस तरह से काम करके आना,...
- सब माँगते ही चले जाएँगे, तो देने का जिम्मा कौन लेगा?...? फिर भगवान के प्रति, अध्यात्म के प्रति अनास्था का क्रम चालू हो जाएगा। इसलिए मैं आपसे चाहता था कि आप ग...
- सब लोग जैसा करते हैं, वैसा ही हम क्यों न करें?...? विवेक का परम्पराओं की तुलना में परास्त हो जाना, वैसा ही आश्चर्यजनक है जैसा कि बकरे का शेर की गरदन मर...
- सब लोग तो खाते हैं?...? सब लोगों की नकल हम नहीं कर सकते। सब लोगों में और साधक में फरक होता है। साधक, साधक होता है। तपस्वी, त...
- सब व्यक्ति मथुरा नहीं आ सकते, तो क्या करना चाहिए?...? अब फैलाना चाहिए, तो उन्होंने शक्तिपीठों का निर्माण कराया। कितनी शक्तिपीठें हैं? मैं समझती हूँ कि 400...
- सब हैरान थे कि अचानक सुबह तक गोली इतनी पीछे कैसे पहुँच गई?...? डी.एम.सी. हॉस्पिटल की पूरी टीम बैठी। फिर से उन्होंने कई ऐंगल से एक्स-रे करके देखा, पर कुछ रहस्य समझ ...
- सबकी यही उत्सुकता बनी रही कि यह व्यक्ति आखिर कहता क्या है?...? उनके एक-एक शब्द को नापा तौला गया, जो परिणाम सामने आए उनसे यही निष्कर्ष निकला कि गाँधी जी पूरी तरह जी...
- सबके अन्दर एक ही खून, एक ही माँस, एक ही मज्जा पैदा हुआ है, फिर एकदूसरे भाई को, एकदूसरे भाई से अलग क्यों किया जा रहा है?...? उसमें एक ही कारण छिपा हुआ मालूम पड़ता है और वह है—हमारे दिमागों की विकृति। हमारे दिमागों का विकृत चि...
- सबके इष्ट होते हैं न?...? हाँ साहब! क्या अर्थ होता है—इष्ट का? इष्ट किसे कहते हैं? हिन्दी में बताइए आप। बेटे, इष्ट कहते हैं—लक...
- सबके ऊपर आप हुकूमत चलाना चाहते हैं?...? सबके मालिक बनते हैं। आप सबके बॉस हैं, आप सबके भगवान हैं? आपने दूसरे आदमियों को खरीद रखा है? ऐसा मत क...
- सबको आवाज लगाने वाला कौन है?...? सबसे पहले शंख बजाने वाला कौन है? सबसे बड़ा पण्डित कौन है? सबसे बड़ा मुल्ला कौन है? मुर्गा। आप चाहें त...
- सबको उधार दे जाते थे और छह महीने बाद जब आते थे, तब?...? तब डण्डे लेकर बरसते थे। ला हमारा रुपया, नहीं तो मार डालेंगे, ये कर डालेंगे। कपड़े उतार ले जाते थे, सब...
- सबको क्यों नहीं दिया?...? क्योंकि उन्होंने एक बार इम्तहान लिया था कि इतनी कीमती चीज को एक सख्त और प्रामाणिक आदमी को ही दी जाए।...
- सबको छींक क्यों आती?...? लाल मिर्च को जला देने से क्या हो गयी? वह सर्वत्र सूक्ष्म रूप में फैल गयी। सामाजिक सुव्यवस्था की पद्ध...
- सबको टेंशन हो जाएगा?...? शायद सबको हो जाए। अमेरिका में तो छाप भी दिया गया है कि सिगरेट पीजिए, टेंशन बुलाइए। सिगरेट पीजिए,...
- सबको टेंशन हो जाएगा?...? शायद सबको हो जाए। अमेरिका में तो छाप भी दिया गया है कि सिगरेट पीजिए, टेंशन बुलाइए। सिगरेट पीजिए, कैं...
- सबको बड़ा आश्चर्य था, यह कैसे सम्भव हुआ?...? उन्होंने बताया, व्यक्तिगत जीवन की पारिवारिक, सामाजिक जीवन की समस्याओं का एक ही कारण है—निष्ठुरता। सम...
- सबको मिलाकर मैं समझती हूँ कि बहुत जनसंख्या हो गई और कौन से हो गए?...? वे बेटे और बेटियाँ हो गए। कौन से बेटे-बेटी हो गए। वे हो गए, जो हमने भावनाओं से और सिद्धान्तों से सँज...
- सबने कहा क्यों पैसा नष्ट करते हो?...? कुल एक हजार का छापाखाना। काम करने वाले तीन आदमी। हाथ से बना कागज।...
- सबने खुशियाँ मनाई, लेकिन बहुतों ने ये शिकायत की कि हमारे अन्दर मोती क्यों नहीं पैदा हुए?...? थोड़ी सी सीपों के अलावा सभी सीपें इकट्ठी होकर जमा हो गई और शिकायत करने लगीं कि आपने हमारे अन्दर मोती ...
- सबने खुशियाँ मनाईं, लेकिन बहुतों ने ये शिकायत की कि हमारे अन्दर मोती क्यों नहीं पैदा हुए?...? थोड़ी-सी सीपों के अलावा सभी सीपें इकट्ठी होकर जमा हो गई और शिकायत करने लगी कि आपने हमारे अन्दर मोती क...
- सबने पानी पिया और सब हैरान रह गये कि खारा पानी, मीठा कैसे हो गया?...? तब सबने गुरुजी की शक्ति को पहचाना और उनकी जय-जयकार करने लगे। कोई बीमार है?
(पण्डित लीलापत शर्मा जी, ...
- सबमें समाया हुआ है, तो हम क्या करें?...? बेटे, आपका काम यह है कि उसके बारे में आस्तिकता के जो सिद्धान्त हैं, उनको आप स्वीकार कर लें। क्या स...
- सबसे अच्छी देवी कौन?...? जो हमारी कामनाओं को पूरा करे। वही देवी है गायत्री। अपनी इच्छा के अनुरूप हमने देवता को ढालने की कोशिश...
- सबसे ऊँची सफलता क्या है?...? आप इन्सान से भगवान बनें, नर से नारायण बनें, पुरुष से पुरुषोत्तम बनें। लघु से महान बनें। यह आपकी सब...
- सबसे ज्यादा गलती कहाँ है?...? एक जगह है और वह यह कि आदमी के सोचने का तरीका बड़ा गलत और बड़ा भ्रष्ट हो गया है। बाकी जो मुसीबतें ह...
- सबसे ज्यादा गलती कहाँ है?...? एक जगह है और वह यह कि आदमी के सोचने का तरीका बड़ा गलत और बड़ा भ्रष्ट हो गया है। बाकी जो मुसीबतें हैं, ...
- सबसे पहले अपने जीवन में वही धारण करने में समर्थ रहा होता, लेकिन अपने जीवन में वही धारण नहीं कर सका तो हमारे लिए क्या फायदेमन्द हो सकता है?...? इतना फायदेमन्द होता तो स्वयं क्यों न अपने लिए इस्तेमाल करता! इससे मालूम पड़ता है कि दाल में कुछ काला...
- सबसे पहले आप यह बताइए कि आप करेंगे क्या?...? हम जबान की बात, भी नहीं मानते। पहले आप सबूत दीजिए कि आपका व्यक्तित्व इस लायक है कि आप कोई कीमती चीजे...
- सबसे पहले पोरबन्दर जाने का मेरा मन इसलिए हुआ कि गाँधी जी का जन्म जिस घर में हुआ है, वहाँ जाकर देखूँ तो सही कि जिस गाँधी का इतना सम्मान है, तो इनके बाप-दादा क्या करते थे?...? मैंने सुन रखा था कि कोई दीवान थे, कोई बहुत बड़े आदमी थे तो शायद उनके मकान भी बड़े-बड़े होंगे। घर जाकर द...
- सबसे पहले मैंने यह किफायत करने की कोशिश की, कि देखूँ मेरी मौलिक आवश्यकताएँ क्या हैं?...? गहराई से निरीक्षण करने पर पता चला कि मेरी जो खास आवश्यकताएँ हैं और जो शरीर को जिन्दा रखने के लिए जरू...
- सबसे पहले शंख बजाने वाला कौन है?...? सबसे बड़ा पण्डित कौन है? सबसे बड़ा मुल्ला कौन है? मुर्गा। आप चाहें तो मुर्गा हो सकते हैं। मात्र दि...
- सबसे बड़ा दानी कौन होता है?...? सेठ। नहीं, सेठ दानी नहीं हो सकता। सेठ जो चीजें देता है, वो टिकाऊ नहीं हैं। वो ठहरती नहीं हैं। अनाज ख...
- सबसे बेवकूफ कौन होता है?...? देवता। बन्दर नहीं। बन्दर तो बहुत चालाक होता है। टोपी लेकर भाग जाता है। कौन होता है दुनिया में सबसे ज...
- सबसे बेहतरीन तो यही है कि अब भगवान ने आपको अपने व्यक्तिगत कामों में शरीक होने के लिए दावत दी है और कभी मिलेगा ऐसा अवसर?...? कभी नहीं मिल सकेगा। एक समय था, जब भगवान ने ग्वाल-बालों को दावत दी थी। क्या कहा था? आप हमारे निजी काम...
- सबसे बड़ा पण्डित कौन है?...? सबसे बड़ा मुल्ला कौन है? मुर्गा। आप चाहें तो मुर्गा हो सकते हैं। मात्र दिलेरी चाहिए तो महाराज...
- सबसे बड़ा मुल्ला कौन है?...? मुर्गा। आप चाहें तो मुर्गा हो सकते हैं। मात्र दिलेरी चाहिए तो महाराज जी! मुर्गा बनने के लिए क्...
- सबसे बड़ी कठिनाई, सबसे बड़ी दिक्कत और सबसे बड़ी मुसीबत इस बात की है कि हम अपनी टीमवालों को ही नहीं समझा सके, तो बाहर वालों को कैसे समझाएँगे?...? मनोकामना पूर्ति की मशीन नहीं हैं गुरुदेव साथियो! अभी तक लोग हमें मैजेशियन-जादूगर समझते हैं। सन्तोषी म...
- सबसे बढ़िया प्रेम करना कौन जानता है?...? लकड़बग्घा जानता है। जब उसे कोई छोटा वाला बच्चा दिखाई पड़ता है, तो वह उस पर टूट पड़ता है और उसे गड़प क...
- सबेरा हो गया, तो मैंने कहा कि कुछ और इलाज कराना है क्या?...? कुछ और जप-तप कराना है क्या? उन्होंने कहा कि जो जप-तप कराना था, वह तो हो गया। मैंने कहा कि घर जाकर ...
- सबेरे उठते तो हैं, पर क्या करें?...? भजन में मन बिलकुल नहीं लगता। बेटे! दो जगह मन नहीं लग सकता, लेकिन एक जगह मन लग जायेगा। जहाँ कहीं ...
- सबेरे प्रातःकाल सारे दिन की स्कीम बनाइये कि आज हमको करना क्या है?...? और शाम को इसकी समीक्षा कीजिये कि हमने कोई गलती तो नहीं की है और की है तो उसका सुधार कैसे होना चाहिए ...
- सब्र करते हैं कि नहीं करते?...? हम तो कर लेंगे, पर तू नहीं कर पाएगा। तू उस पिता का विश्वास और उस पिता का अनुदान, उस पिता की करुणा और...
- सभी का उपकार करने के लिए सदैव सरस हृदय वाली तुम्हारे अतिरिक्त और कौन है?...? अर्थात् कोई नहीं।
सरस्वती—
शुक्लां ब्रह्मविचारसारपरमां, आद्यां जगद्व्यापिनीं,
वीणापुस्तकधारिणीमभ...
- सभी का मन उदास और भारी है, पर हम क्या कहते?...? इतने ऋषि मिलकर जितना भार उठाते थे, उसे उठाने की अपनी सामर्थ्य भी तो नहीं है। उन सबका मन भारी देखकर अ...
- सभी की वस्तुओं की सूची बन गयी, पर अपने कपड़ों के बारे में भी सोचा है कभी?...? घिसकर कितने पुराने हो गये हैं, आते समय शर्ट और पैंण्ट के लिये कपड़ा जरूर ले आना।’’ पत्नी ने हिदायत दी...
- सभी के नाम बताने से क्या फायदा है?...? बस, इतना जान लीजिए कि उस समय एक से एक बढ़िया और जबरदस्त आदमी आए थे। उन्होंने न केवल हिन्दुस्तान, वरन ...
- सभी घर में आश्चर्य करते कि दोनों छोटे बच्चे इतने सभ्य और नेक हैं, यह बड़ा किस पर पड़ा है?...? अब देखिए बड़ों की भूल के कारण ही बड़ा बच्चा समाज में अपना स्थान ठीक से न बना सकेगा। यह उखड़ेपन की भा...
- सभी देखकर हैरान थे कि इतने संकरे रास्ते से बहिनें बाहर कैसे निकलीं?...? गाड़ी की हालत देखकर सबको और भी ज्यादा आश्चर्य हुआ कि इसमें सवार लोग बच कैसे गये? और किसी को भी कोई गं...
- सभी मित्रों, सम्बन्धियों ने कहा, ‘तुम पागल हो गये हो क्या?...? दिमाग सरक गया है क्या? जो तुम अपनी जमी जमायी फैक्टरी बन्द कर रहे हो।’’ लेकिन मेरी अन्तर्स्थिति को को...
- सभी से दोस्ती निभायें?...? नहीं, सबसे दोस्ती नहीं निभायें। इसमें जो वरेण्य हैं, उनको हम अपना बना लेंगे और जो वरेण्य नहीं है, ...
- सभ्यता और संस्कृति दोनों को मिला दें, तो आप यह मान सकते हैं कि योग से क्या मतलब होना चाहिए?...? तप से क्या मतलब होना चाहिए? योग और तप बड़े कठिन शब्द हैं। दो उद्देश्यों को पूरा करने के लिए, हमको जी...
- सभ्यता किसे कहते है?...? सभ्यता कहते हैं—लोगों की चाल-चलन में शालीनता का समावेश और संस्कृति उसे कहा गया है, जिसको उदारता कहते...
- समझ गया तुम्हारे घर त्यौहार का अर्थ क्या है?...? ऐसे त्यौहार से तो बिना त्यौहार अच्छा जिसमें लोग उल्टा शिक्षण ग्रहण कर रहे हों।’’ (४) घर में चहल-पहल ...
- समझ नहीं पाता संसार का दुःखों से उद्धार कैसे करूँ?...? परशुराम ने हँसकर कहा-आप संसार में जाकर यज्ञ करायें यज्ञ से संस्कार शुद्ध होंगे आप बाजपेय यज्ञ करायें...
- समझ में आ गया, लेकिन ईश्वर की खुशामद करना और बहुत सारे आवरण लाद लेना, क्या मतलब है?...? ईश्वर व्यक्ति नहीं है, ईश्वर वृत्ति है और भावनाओं का परिपोषण करने के लिए आदमी को विश्व मानव की सेवा ...
- समझ में आ जाएगा?...? बिलकुल आ जाएगा। कहते हैं—नहीं साहब! हम तो इतनों के पास जाते हैं और कोई मानता ही नहीं है। अच्छा नहीं ...
- समझ में नहीं आ रहा था कि मैं किसको दूँ, किसको न दूँ?...? माँगने वाले तो हजारों आते हैं, लेकिन जहाँ आवश्यकता है, ऐसा कोई स्थान या व्यक्ति नहीं मिला। सुदामा ...
- समझ में नहीं आता कि इस शील च्युत आंगिक प्रदर्शन को क्या कहा जाए?...? स्वच्छता और सुरुचि सम्पन्नता की बात तो समझ में आती है। शरीर को स्वच्छ रखने त्वचा और शरीर के सभी अंगो...
- समझता क्यों नहीं है तू?...? ये जीवन-निर्माण का खेल है सारा। देवताओं को पकड़ने की विद्या नहीं है, देवताओं को गिरफ्तार करने की विद्...
- समझता नहीं कि क्या चक्कर है?...? समझता है कि नहीं? नहीं साहब! मुझे क्यों समझना है? अक्षत चढ़ाऊँगा। भाड़ चढ़ाएगा अक्षत। मित्रो! क्या करना...
- समझता नहीं कि क्या चक्कर है?...? समझता है कि नहीं? नहीं साहब! मुझे क्यों समझना है। अक्षत चढ़ाऊँगा। भाड़ चढ़ाएगा अक्षत। मित्रो! क्या करना...
- समझता है कि नहीं?...? नहीं साहब! मुझे क्यों समझना है? अक्षत चढ़ाऊँगा। भाड़ चढ़ाएगा अक्षत। मित्रो! क्या करना पड़ेगा? आपको ये कर...
- समझता है कि नहीं?...? नहीं साहब! मुझे क्यों समझना है। अक्षत चढ़ाऊँगा। भाड़ चढ़ाएगा अक्षत। मित्रो! क्या करना पड़ेगा? आपको ये कर...
- समझदार इतना कि सारे-के-सारे काम करता है, पैसा कमाता है, व्यापार करता है, धंधा करता है और बड़ा आदमी बन जाता है और बेवकूफ, अज्ञानी इतना कि इसको इस बात का ज्ञान नहीं है कि उसका स्वरूप क्या है?...? उसको किसलिए पैदा किया गया है? और क्या करना चाहिए? अगर यह ज्ञान मनुष्य के भीतर से जाग्रत हो जाए, तो आ...
- समझदार लोगों की गायत्री माता कैसी हैं?...? ऐसी हैं जो हमारे ज्ञानक्षेत्र में बौद्धिक क्रान्ति के रूप में आती हैं। जो हमारे व्यावहारिक जीवन में,...
- समझदार, जिम्मेदार आदमी के तरीके से विवाह कीजिए और अगर आपको कुत्ते-कुतिया की तरह खेल खेलना है, तो खेलिए, फिर उसे विवाह क्यों कहते हैं?...? जिम्मेदारी की सामर्थ्य हो तो ही करें विवाह
मित्रो! मैं तो विवाह के बारे में हमेशा से यही कहता र...
- समझदारी है कहाँ?...? अगर समझदारी बढ़ेगी तो आदमी के अन्दर ईमानदारी बढ़ेगी, ईमानदारी बढ़ेगी तो आदमी में जिम्मेदारी आयेगी और जि...
- समझना चाहिए कि इस सन्दर्भ में किसी अग्रगामी आदर्शवादी को निराश न होना पड़ेगा, क्योंकि उसकी पीठ पर सर्वशक्तिमान सत्ता का हाथ जो रहेगा?...? तेज हवा पीछे से चलती है, तो पैदल वालों से लेकर साइकिल आदि के सहारे लोग कम परिश्रम में आगे बढ़ते जाते...
- समझो कि भक्त की परिभाषा क्या होनी चाहिए?...? करुणा, दया, सेवा, अपने को ऊँचा उठाना और दूसरों को ऊँचा उठाना है। यह भक्त की परिभाषा है। आपने कभी किय...
- समझो, समझो कि भक्त की परिभाषा क्या होनी चाहिए?...? करुणा, दया, सेवा, अपने को ऊँचा उठाना और दूसरों को ऊँचा उठाना। यह भक्त की परिभाषा है। आपने कभी किया क...
- समता के सिद्धान्त को यदि सभी मान लें तो जाति के नाम पर, लिंग के नाम पर, अर्थ विषमता के नाम पर जो चारों ओर हाहाकार मचा हुआ है, उसका ठहरना कैसे सम्भव हो सकेगा?...? नरक हमारे भीतर है और स्वर्ग हमारे भीतर है, दानव हमारे भीतर है और देव हमारे भीतर है। देव को जगाया, उभ...
- समता जो आयेगी तो कैसे आयेगी?...? जाति के साथ ही लिंग की समता आयेगी। लिंग से क्या मतलब है? नर और नारी से है। नर और नारी दोनों की समता ...
- समधी कैसा होता है?...? समधी ऐसा होता है, जो दहेज के बिना शादी-ब्याह नहीं कर सकता। इसका क्या नाम है? इसका नाम है—चाण्डाल। इस...
- समय कहाँ से लाए?...? बेटे! पढ़ने के लिए एक घण्टा नियमित था। व्यस्तता के साथ पड़ा। परिणाम क्या हुआ? उसने अथाह ज्ञान दे दिया। ...
- समय का उपयोग कैसे करेंगे?...? आप इस तरीके से बटवारा बनाकर ले जाएँ और यहाँ से जाकर के ईमानदार आदमी की तरीके से जीवन जियें। बिगाड़ा...
- समय का संयम किसे कहते हैं?...? बेटे! हमने एक घण्टा रोज स्वाध्याय के लिए सुनिश्चित कर रखा है। विनोबा भावे तेईस भाषाओं के विद्वान थे। ...
- समय का, श्रम का, धन का, अपनी बुद्धि का कोई हिस्सा लगाने के लिए आप तैयार हैं क्या?...? कोशिश कीजिए, हिम्मत कीजिए। बीज के तरीके से गलिए और वृक्ष के तरीके से फलिए।हमने तीन शर्तों पर अपने गु...
- समय किसे कहते हैं?...? अरे अभागे ! तूने तो सारा वक्त बेकारी में, गप्पबाजी में, आवारागर्दी में, निरर्थक कामों में खरच कर डाल...
- समय की परिस्थितियाँ उल्टी कैसे हो गईं?...? दुःख कैसे हो गया? इसमें संसार में क्या कमी दिखाई पड़ती है आपको? बाप-दादों की तुलना में हम हजारों गुने...
- समय की पूँजी आप कहाँ से लाएँगे?...? साधनों की पूँजी आप आत्मा की उन्नति के लिए लगा सकते थे, उसको कहाँ से लाएँगे? ‘सादा जीवन उच्च विचार’...
- समय की पूँजी आप कहाँ से लाएँगे?...? साधनों की पूँजी आप आत्मा की उन्नति के लिए लगा सकते थे, उसको कहाँ से लाएँगे? ‘सादा जीवन उच्च विचार’ क...
- समय की माँग क्या है?...? प्रज्ञावतार की माँग क्या है? आप कान खोल के उसी को सुनिए, और सुनने के बाद में पूरी हिम्मत के साथ में,...
- समय की माँग क्या है?...? प्रज्ञावतार की माँग क्या है? आप कान खोलकर सुनिये और सुनने के बाद पूरी हिम्मत के साथ में और पूरी वफाद...
- समय की विपरीतता का कोई क्या करे?...? शिखा संरक्षण का वैज्ञानिक महत्त्व है। लघु और दीर्घ मस्तिष्कों के जोड़ने वाले केन्द्र-बिन्दु को अति मह...
- समय के साथ ईमानदारी, पैसे के साथ ईमानदारी, वह भी कैसी ईमानदारी?...? अपने लिए खरच कम करना। समाज से पाया जरूर, लेकिन वह समाज का ही है, वह अपना नहीं है। जिस दिन उसको खाया ...
- समय को अगर आप बाँधकर, व्यवस्था बनाकर रखें तो समय न जाने क्या से क्या करता हुआ चला जाता है?...? बेटे! मैंने साहित्य की रचना की, सेवा कर ली, पूजा? भजन भी कर लिया, लोगों से मिल भी लिया, संगठन खड़ा कर...
- समय को अगर आप बाँधकर, व्यवस्था बनाकर रखें तो समय न जाने क्या-से-क्या करता हुआ चला जाता है?...? बेटे! मैंने साहित्य की रचना की, सेवा कर ली, पूजा-भजन भी कर लिया, लोगों से मिल भी लिया, संगठन खड़ा कर...
- समय को आप नहीं जानते क्या?...? समय को आप नहीं पहचान सकते क्या?मित्रो, भगवान जब भी आते हैं तो उसके कई मकसद होते हैं। एक तो आपने पहले...
- समय को आप नहीं जानते क्या?...? समय को आप नहीं पहचान सकते क्या?मित्रो! भगवान जब भी आते हैं तो उसके कई मकसद होते हैं। एक तो आपने पहले...
- समय को आप नहीं पहचान सकते क्या?...? मित्रो, भगवान जब भी आते हैं तो उसके कई मकसद होते हैं। एक तो आपने पहले ही सुन रखा है कि वह धर्म की स्...
- समय को आप नहीं पहचान सकते क्या?...? मित्रो! भगवान जब भी आते हैं तो उसके कई मकसद होते हैं। एक तो आपने पहले ही सुन रखा है कि वह धर्म की स्...
- समय को देखते हुए यह नहीं देखते हैं कि काम क्या किया है और कितना किया है?...? हम तो अस्सी वर्ष के हैं। अस्सी वर्ष के हैं तो काम क्या किया है बताइए? आप पच्चीस वर्ष जिए तो भी अच्छा...
- समय क्या है?...? एक और बात आपको जाननी पड़ेगी कि आपके ऊपर जिम्मेदारियाँ क्या हैं? आपको अपनी जिम्मेदारियों को अनुभव कर...
- समय खराब करते हैं?...? अकल खराब करते हैं? उनका नाम है—मूर्ख, जो कर्मकाण्डों को ही सब कुछ समझते हैं। साहब! फलाने स्वामी जी ...
- समय खराब करते हैं?...? अकल खराब करते हैं? उनका नाम है-मूर्ख, जो कर्मकाण्डों को ही सब कुछ समझते हैं। साहब! फलाने स्वामी जी ...
- समय जैसी मूल्यवान संपदा का भंडार भरा होते हुए भी जो विनिमय कर धन-ज्ञान तथा लोकहित को नहीं पा सकते उनसे अधिक अज्ञानी किसे कहा जाए?...? समय अमूल्य है, समय को जिसने बिना सोचे-समझे खरच कर दिया वह जीवन पूँजी भी यों ही गँवा देता है। यह पूँज...
- समय तो लगेगा ना?...? हाँ महाराज जी! टाइम तो लगेगा। अच्छा तो सौ करोड़ पेंट के लिए और सौ करोड़ लेबर के लिए जमा कर। तो महारा...
- समय तो लगेगा ना?...? हाँ महाराज जी! टाइम तो लगेगा। अच्छा तो सौ करोड़ पेंट के लिए और सौ करोड़ लेबर के लिए जमा कर। तो महाराज ...
- समय देखकर गुरु ने पूछा-रामचन्द्र तू शिखा क्यों नहीं रखता इससे पूर्व कि रामचन्द्र कुछ कहे ईसाई और मुसलमान युवक ने पूछा-श्रीमान जी चोटी रखने से क्या लाभ?...? गुरु ने पूछा अच्छा आप बतायें गला कस देने वाली टाई और गला खुजलाने वाली दाढ़ी से क्या लाभ? ईसाई बोला-टा...
- समय निकालिए और जो भी आप कर सकते हों, ज्यादा से ज्यादा आप करिए?...? क्या करें यह सब लड़के आपको कहते रहते हैं, क्या करना चाहिए। आपको प्रज्ञा मण्डलों की स्थापना करनी चाहि...
- समय पर वर्षा न होने की वजह से क्या-क्या मुसीबतें आ रही हैं, आपको मालूम है न?...? खेती सूख रही है, कुओं का पानी नीचा होता चला जा रहा है, डैम और नदियों का पानी पहले की अपेक्षा घटता चल...
- समय पूछता है कि अनुचित को कब तक सहन किया जायेगा और कब तक उसे इसी तरह चलने दिया जायेगा?...?...
- समय रहते उनसे निपटने का किस प्रकार जुगाड़ बिठाया गया?...? सफलता ऐसे ही तेजस्वियों का वरण करती है। श्रेयाधिकारी वे ही बनते हैं। जो मात्र अपने जिम्मे के काम को ...
- समय-समय पर जब कभी भगवान हाथ पसारते हैं और जो कोई उस समय को, मौके को पहचान लेते हैं और भगवान के पसारे हुए उस हाथ पर कुछ रख देते हैं, वे न जाने क्या से क्या हो जाते हैं?...? भगवान् के और किस्से सुनाऊँ आपको? वक्त बहुत चला गया, इसलिए और भगवान की तो मैं नहीं कहता, पर एक भगवान ...
- समयदान के लिए (क्या) क्या करना चाहिए?...? अच्छा - इस विषय में एक पुरानी, बहुत शानदार परम्परा है - तीर्थ यात्रा करनी चाहिए। पापों के लिए तीर्थ ...
- समयदान के लिए क्या करना चाहिए?...? समयदान के लिए (क्या) क्या करना चाहिए? अच्छा - इस विषय में एक पुरानी, बहुत शानदार परम्परा है - तीर्थ ...
- समयदान के लिए क्या करना चाहिए?...? इस विषय में एक पुरानी परम्परा है, तीर्थयात्रा करनी चाहिए। पापों के लिए तीर्थयात्रा, तीर्थयात्रा, तीर...
- समर्थ क्यों हो गए?...? क्योंकि इसमें हमारी भावनाएँ थीं। इसमें हमारी आस्था थी और हमको चाह थी कि हम लोक-मंगल के लिए कोई कड़ी ...
- समर्थ गुरु रामदास के पास पैसा था?...? रामकृष्ण परमहंस के पास पैसा था? ईसामसीह के पास पैसा था? किसके पास पैसा था? पैसा डाकुओं के पास है, ...
- समर्थ गुरु रामदास के पास जा करके शिवाजी जाने क्या-से हो गये?...? रामकृष्ण परमहंस के पास जाकर विवेकानन्द जाने क्या-से हो गये? गाँधी जी के पास जाकर राजेन्द्र बाबू, ज...
- समर्थ गुरु रामदास जाने कहाँ चले गए?...? मित्रो! समर्थ गुरु रामदास वहाँ चले गए जहाँ से हिन्दुस्तान के अध्याय का नया इतिहास आरम्भ हुआ। उन्होंने ...
- समर्थ गुरु रामदास जी की शादी होने लगी तो उन्होंने कहा कि हमको अपनी जिन्दगी अच्छे कामों के लिए व्यतीत करनी है, पर यह सलाह कौन देगा?...? सारे-के सलाहकार एक ओर, मौसा-मौसी, नाना-नानी, दादा-दादी सब एक कोने पर खड़े रहे। समर्थ गुरु रामदास ने ...
- समर्थ गुरु रामदास ने कहा अपनी जिन्दगी से मुझे कुछ महत्त्वपूर्ण काम करना है, तो यह परिवार रोज सँभालूँगा या समाज को, देश को सँभालूँगा?...? " बस, समर्थ गुरु रामदास को ख्याल आ गया और वे छलाँग मारकर ये गए, वो गए। पकड़ना .....पकड़ना। वे खेतों ...
- समर्थ गुरु रामदास ने महावीर मन्दिर बनाए, कैसे बनाए?...? मिट्टी के (झोंपड़ो) मिट्टी के दीवारों के बने हुए, फूस के झोपड़ों के बने हुए। हनुमानजी की मूर्तियाँ, ...
- समर्थ गुरु रामदास ने वहाँ से निकलने के बाद क्या किया?...? आप कभी भी महाराष्ट्र जाएँ तो वहाँ एक ही सन्त का नाम सर्वत्र पायेंगे—जिसका नाम है—समर्थ गुरु रामदास, ...
- समर्थ गुरु रामदास बहुत गरीब थे?...? हाँ गरीब थे। अमीर थे? हाँ, इतना अमीर कि कोई ठिकाना नहीं। जंगल में रहने वाले, कुटिया में रहने वाल...
- समर्थ गुरु रामदास में क्या विशेषता थी, बताइये?...? कबीर की क्या परिस्थितियाँ थीं, बताइये? कबीर को कौन कन्धे पर उठाकर ले गया था? मनःस्थिति में विकसित कर...
- समर्थ देखकर ही उनने अपने मनोभाव प्रकट किए, अन्यथा दीन, दुर्बल, असमर्थों के सामने इतने बड़े लोग अपना मन खोलते ही कहाँ हैं?...? तुम्हारा समर्पण यदि सच्चा है, तो शेष जीवन की कार्य पद्धति बनाए देते हैं। इसे परिपूर्ण निष्ठा के साथ ...
- समर्थ नागरिक को क्या जानना चाहिए अभी तो ऐसा पाठ्यक्रम तक निर्धारित नहीं हुआ है?...? फिर उसे पढ़ाने वाले तंत्र का ढाँचा खड़ा करना तो और भी आगे की बात है। अगले दिनों जनशिक्षा का विशालकाय ढ...
- समर्थ हैं तो क्या, असमर्थ हैं तो क्या?...? संयुक्तता का मतलब ही यह होता है कि उस पर हरेक का हिस्सा है, हरेक का हक है। उस पर आप हरेक का हक स्वीक...
- समर्थता के साथ-साथ समझदारी भी बढ़ती है और वह अदृश्य के मार्गदर्शन में अभ्युदय की दिशा में चल पड़े, तो उसके द्वारा उत्पन्न होने वाले चमत्कारों से वंचित ही बने रहना किस कारण रुका रह सकेगा?...? नारी के अनुदान कभी भी हलके स्तर के नहीं रहे। उसने धरित्री के, ऊर्जा के, वर्षा के व प्राणवायु के सदृश...
- समर्थता कैसे प्राप्त होती है?...? कथाएँ —— (१) भोज ने सारे राज्य को दावत दी। चारों ओर से नर-नारी आ-आकर दावत का आनन्द लेने लगे। कोई र...
- समर्थों की तरह बड़े काम सफलतापूर्वक कर सकना उनसे कहाँ बन पड़ता है?...? आधी जनसंख्या अनगढ़ स्थिति में रहे और दूसरा आधा भाग उसे गले के पत्थर की तरह लटकाए फिरे, तो ऐसी स्थि...
- समर्पण का चिन्ह क्या है?...? कैसे मानें कि समर्पण किया है किसी ने किया नहीं। अपना सुख बाँटना और दूसरे के दु:खों को बँटाना। किसी क...
- समर्पण का चिन्ह क्या है?...? कैसे मानें कि समर्पण किया है किसी ने कि नहीं? अपना सुख बाँटना और दूसरे के दुःखों को बँटाना। किसी के ...
- समर्पण कौन कर सकता है?...? समर्पण बेटा बहुत मुश्किल है। गीता में भगवान कह गए है-मन आधत्स्व मयि बुद्धि निवेशय।निवसिष्यसि मय्येव ...
- समर्पण था, तो अर्जुन से भी ज्यादा बन गया और शिवाजी?...? छत्रपति शिवाजी हो गए। क्यों हो गए? अरे! इसलिए हो गए कि उनका समर्पण था। उन्होंने कहा—जैसा आप बनाना चा...
- समर्पित को स्वेच्छा आचरण की सुविधा कहाँ?...? जो मैं चाहता था, वह गुरुदेव के मुख से आदेश रूप में कहे जाने पर मैं फूला न समाया और उस क्रिया-कृत्य क...
- समष्टिगत कंगाली की चर्चा करते हुए गुरुवर ने बताया कि सीमित राशि में विश्वयुद्ध के दिनों से लेकर १९७१ तक, उनने कैसे घर चलाया?...? आज का आम आदमी वैसा जीवन क्यों नहीं जी पा रहा। पूर्व के सन्दर्भ संक्षेप के बाद अब आगे पढ़ें।
...
- समस्या किसी धर्म स्थापना का उन्मूलन, अवसाद होने या उसके उन्नयन उत्कर्ष की नहीं, वरन् यह है कि मानवी गरिमा के परिपोषक तीर्थ तन्त्र को जीवन्त रखा जाय अथवा उपेक्षा अवमानना के आघात सह सहकर अपनी मौत मरने के लिए छोड़ दिया जाय?...? यदि तीर्थ तत्व की उपयोगिता समझी जा सके तो उसे रुग्ण, विकृत एवं अर्ध मूर्च्छित स्थिति से उबारना भी आव...
- समस्याओं के बारे में समाधान करने का दृष्टिकोण क्या होना चाहिए?...? आपने हजामत बनाने वाले की दुकान पर कभी देखा होगा, उसके ऊपर एक बोर्ड टँगा रहता है। उस पर एक वाक्य लि...
- समस्याओं को कैसे हल करेंगे?...? जो चीज आपके काम की थी दिमाग, उसको तो आपने गरम कर डाला, जला डाला। आप चाहें तो अपने दिमाग पर रहम कर सक...
- समस्याओं को कैसे हल करेंगे?...? जो चीज आपके काम की थी दिमाग, उसको तो आपने गरम कर डाला, जला डाला। आप चाहें तो अपने दिमाग पर रहम कर सक...
- समाज इसीलिए चुप है कि वैसे ही हर क्षेत्र में असन्तोष के विस्फोट हो रहे हैं, नारी समाज को उत्साहित करके एक और सिरदरद क्यों मोल लिया जाए?...? राजनेता इसलिए सहमकर रह जाते हैं कि विकसित नारी अपने लिए नए कार्य और नए क्षेत्र माँगने लगेगी। कलाकारो...
- समाज किसे कहते हैं?...? शादियाँ किसे कहते हैं? कपड़ा किसे कहते हैं? सारी दुनिया के जंगली लोगों में उन्होंने सभ्यता सिखायी। न ...
- समाज की गुत्थियों को हल कैसे करना है और व्यक्ति की नैतिक कठिनाइयों का समाधान कैसे करना है?...? वे सारी-की-सारी शिक्षाओं को देने के लिए कुंभ में चले आते थे।परन्तु अब देखा ना आपने, क्या-क्या हो रह...
- समाज की प्रगति अवरुद्ध हो जानी चाहिए?...? नहीं ! समय और परिस्थिति के अनुरूप रीति-रिवाज बदलते रहे हैं और लम्बे समय से उन-उन कमियों की पूर्ति नय...
- समाज की मर्यादा, समाज के कानून ऐसे हैं, जो हमारे बाल नोंच सकते हैं?...? वे हमको मजबूर कर सकते हैं कि आपको कायदे में रहना चाहिए। इसलिए दबाव से तो हम डरते हैं, लेकिन हमारे भी...
- समाज की सेवा के अलावा मैं पूछता हूँ कि ईश्वर की सेवा और क्या हो सकती है?...? कोई सेवा नहीं और ईश्वर का भजन क्या हो सकता है? आत्मचिन्तन, आत्मशोधन, आत्मनिर्माण और आत्मविकास के लिए ...
- समाज की सेवा के अलावा मैं पूछता हूँ कि ईश्वर की सेवा और क्या हो सकती है?...? कोई सेवा नहीं। और ईश्वर का भजन क्या हो सकता है? आत्म चिन्तन? आत्म चिन्तन और आत्मशोधन और आत्म-निर्माण...
- समाज के अन्दर फैली हुई धार्मिक वृत्तियों को कैसे बढ़ाएँ?...? ये सारे के सारे क्रिया-कलाप जिस माध्यम से और जिस आधार पर पूरे किए जा सकते हैं, उसके लिए कोई केन्द्र य...
- समाज के ऊपर कुछ एहसान नहीं किया?...? हाँ उन्होंने समाज के ऊपर बहुत एहसान किया, जिन्होंने दूसरों को एक जगह लगा दिया। चाणक्य ने चंद्रगुप्त ...
- समाज के प्रति भी कुछ कर्तव्य और फर्ज है क्या?...? नहीं साहब! जो हमने कमाया था, चार बेटों में बराबर बाँट दिया। और पड़ोसियों को? और मोहल्ले वालों को?...
- समाज के प्रति भी कुछ कर्तव्य फर्ज हैं क्या?...? नहीं साहब हमने जो कमाया था, चार बच्चों को बराबर बाँट दिया।...
- समाज के बन्धन तो ऐसे हैं, जो हमको हर चीज के लिए छूट नहीं दे सकते?...? समाज की मर्यादा, समाज के कानून ऐसे हैं, जो हमारे बाल नोंच सकते हैं? वे हमको मजबूर कर सकते हैं कि आपक...
- समाज के लिए कैसे संकट पैदा करने जा रहा है?...? वह समझता ही नहीं कि अपने बच्चों का भविष्य कैसे खराब करने जा रहा है? पागल आदमी दुनिया का सफाया करेग...
- समाज के लिए क्या आफत पैदा करने जा रहा है?...? अपनी औरत का स्वास्थ्य कैसे खराब करने जा रहा है? अपनी आर्थिक कमाई का सफाया करने जा रहा है? समाज क...
- समाज के लिए क्यों महँगाई बर्दाश्त नहीं करेंगे?...? आप कीजिए। उदार बनिए, अंशदान के बारे में उदार बनिए। एक घण्टा समय कभी हमने कहा था जब आप शुरू में थे, ब...
- समाज के लोगों का स्वभाव कैसे बदल जाएगा?...? आप अपना व्यवहार इस तरीके से करें, जिससे कि उन लोगों के हमले आपके ऊपर कामयाब न हों। आप उनकी सलाह मानि...
- समाज के साथ किस तरीके से तालमेल बिठा पायेगा?...? अपनी अकल का उपयोग किस तरीके से कर पायेगा? इन सब जानकारियों के लिए शिक्षा तो आवश्यक है, लेकिन शिक्षा ...
- समाज के साथ में तालमेल बिठा किस तरीके से पायेगा?...? अपनी अकल का उपयोग किस तरीके से कर पायेगा? ये सब जानकारियों के लिये शिक्षा तो आवश्यक है। शरीर के लिए,...
- समाज को कुछ दिया है?...? दे करके देखिये और यह पाइये कि कितना ज्यादा सन्तोष मिलता है मनुष्य को। आदमी अगर यह सन्तोष प्राप्त कर ...
- समाज को क्या देना चाहिए?...? देश को क्या देना चाहिए? भगवान जी को क्या देना चाहिए? तब हम आपसे कहते कि आप जवान आदमी हैं। बेटे! हम ज...
- समाज को जब आवश्यकता है, तो फिर समाज को क्यों नहीं मिलना चाहिए?...? नहीं साहब! बेटे को मिलना चाहिए। यह बेटे, गलत बात है।
इसीलिए मित्रो! क्या होने वाला है? पहले...
- समाज को समुन्नत बनाने में वह क्या योगदान दे सकी?...? स्वयं नारी, जीवन का क्या सौभाग्य पा सकी? इन प्रश्नों पर विचार करने से लगता है, नारी को पीड़ित, पददलि...
- समाज को समुन्नत बनाने में वह क्या योगदान दे सकी?...? स्वयं नारी, जीवन का क्या सौभाग्य पा सकी? इन प्रश्नों पर विचार करने से लगता है नारी को पीड़ित, पद-दलि...
- समाज क्या है?...? एक नागरिक कर्तव्य क्या है? जीविका उपार्जन कैसे करनी चाहिए? अर्थशास्त्र क्या है? वगैरह। लोक व्यवहार म...
- समाज क्या है?...? समाज व्यक्तियों का समूह मात्र है। लोगों का समुदाय इकट्ठा होकर ही समाज बनता है। उसके प्रत्येक घटक क...
- समाज क्या है?...? नागरिक कर्तव्य क्या है? आजीविका उपार्जन कैसे करना चाहिए? अर्थशास्त्र क्या है? आदि बातें सीख करके हम...
- समाज ने बनाकर दिया है न?...? नहीं साहब! पैसे देकर लिया है। अच्छा, तो आप पैसा देकर के सब चीज लाये हैं? अच्छा, आपने जो माँ खरीदी ...
- समाज में सत्प्रवृत्ति कैसे बढ़ाई जाए?...? इसी में बुद्धि लगी। इन तीनों चीजों को बोने से आपको क्या मिला? समय का हमने ठीक उपयोग किया, तो उसे हमन...
- समाधान किस तरीके से हो सकता है?...? समाधान होने का तो सिर्फ एक ही तरीका है जो रामायण में है और सुरसा के बहाने से समझाने की कोशिश की गयी ...
- समाधि खुली तो सर्पराज वहाँ से हट कर अपने बिल की ओर चल पड़े यह देखकर ग्रामीण ने पूछा-भगवान साँप तो जहरीला और गुस्से वाला जीव है आपको काटा नहीं इसने?...? बुद्ध हँसकर बोले-तात जो प्राणियों को भी आत्मा और मित्र-भाव से देखता है। उसका प्राणी भी अहित नहीं करत...
- समान हाथ-पैर और मुँह, नाक, कान के होते हुए भी और एक ही वातावरण में रहते मनुष्यों में यह अन्तर क्यों दिखलाई देता है?...? इसका आधारभूत कारण विचार ही माने गये हैं। जिस मनुष्य के विचार जिस अनुपात में जितने अधिक विकसित होते च...
- समिधाएँ ही नहीं, वरन व्यक्तियों ने किस पेड़ पर से कब, किस तरीके से उन्हें तोड़ा और उनके अन्दर कैसे संस्कार भर दिए?...? हवन के लिए जड़ी−बूटियाँ आप बाजार में से नहीं ला सकते। जिस तरह से आप यज्ञ के लिए किसी मंत्र से अभिमंत...
- समीपता का अनुभव नहीं होना चाहिए?...? प्राणशक्ति का, ऊर्जा का अनुभव नहीं होना चाहिए? यह अनुभव होना चाहिए, जो गुरुजी को हुआ है। जिनके गुरु ...
- समुचित तत्परता और स्फूर्ति बरती गयी या नहीं?...? समय, श्रम और परिपूर्ण मनोयोग से ही काम का स्वरूप निखरता और प्रयोजन पूर्ण होता है।
किसी काम को छोटा...
- समुचित मूल्य न चुकाने पर कोई कीमती वस्तु ऐसे ही तिकड़मबाज़ी के सहारे हाथ कैसे लगे?...? देखा जाता है कि मनोकामनाओं का पुलिन्दा बाँधे फिरने वाले जिस-तिस देवी-देवता के पीछे गिड़गिड़ाते फिरने...
- समुद्र आपके नजदीक है क्या?...? समुद्र जाने कितनी दूर है आपसे, फिर भी वह बराबर आपका ख्याल रखता है। आप जो पानी पीते हैं, स्नान कर...
- समुद्र का छोटे गड्ढे से क्या मुकाबला?...? कोई मुकाबला नहीं; लेकिन अन्दाज से बता दिया।
ब्रह्मानन्द किस-किस तरीके से हो सकता है? इसका ए...
- समुद्र के बाहर क्या रखा है?...? समुद्र के नजदीक बाहर वाले हिस्से में नमक फैला रहता है। आप कभी समुद्र के किनारे जाना, वहाँ आपको खाली ...
- समुद्र कैसा होता है?...? गड्ढे जैसा। और समुद्र में पानी कैसे भरा होता है? ऐसे ही। समुद्र में लहर कैसे आती है। पिता ने छोटी सी...
- समुद्र छलांगने का एक और रामराज्य की स्थापना का दो काम किसने किये, भगवान् राम ने?...? नहीं, भगवान् राम ने नहीं किये थे। उनके साथ में हनुमान् थे, अंगद थे, रीछ थे, वानर थे उनने मिलकर के का...
- समुद्र मन्थन में अनेक रत्न निकलते हुए चले गए, पर विष का, विश्व के कल्याण के लिए उन्होंने उस विष को स्वयं धारण किया, कहाँ वह हिम्मत, साहस है, क्या?...? नहीं साहब हम तो धतूरा खिला आएँगे शंकर जी को। शंकर जी प्रसन्न होंगे। भई तू तो बहुत चालाक है पर शंकर ज...
- समुद्र मन्थन में अनेक रत्न निकलते हुए चले गए, पर विष का क्या हो?...? विश्व के कल्याण के लिए उन्होंने उस विष को स्वयं धारण किया। कहाँ वह हिम्मत, साहस है, क्या? नहीं, साहब...
- समुद्र में से पानी का गट्ठर लादकर के बादल रवाना होते हैं और दौड़ते हुए कहाँ-कहाँ तक चले जाते हैं?...? जहाँ खेत सूखे पड़े हुए हैं। बादल अपनी हस्ती को, अपने परिश्रम को, मेहनत को बिना कीमत के सूखे खेतों में...
- समुद्र में से सूरज निकल सकता है?...? बेटे, तू बेकार में पुराणों के अलंकारों पर बहस करता है। बहस करने की बात नहीं है, पुराणों में जो अ...
- समुद्र में हम छः हजार शाखाओं में ही बात करते रहेंगे, तो बात किस तरीके से बनेगी?...? आपको दो-दो व्यक्तियों के जोड़े के रूप में तीर्थयात्रा करने के के लिए भेजने वाले हैं। इसकी थोड़ी सी र...
- समुन्नत और पतित व्यक्तियों में एक जैसे साधन रहते हुए भी अन्तर क्यों आया?...? इसका कारण ढूँढना हो तो उनकी आस्थाओं में अन्तर रहना ही प्रधान निमित्त परिलक्षित होगा। धन-वैभव की दृष्...
- समूचे सौरमण्डल में सूर्य केन्द्र में रहता है, परन्तु एटम को कभी देखा है?...? एटम में बहुत ताकत होती है। समूचे सौरमण्डल में सूर्य केन्द्र में रहता है, परन्तु एटम के अन्दर ऐसा भ...
- समूह में तो रहेंगे न?...? कहीं भी रहेंगे, अकेले तो नहीं रहेंगे।
आप अकेले भी जहाँ कहीं रहते हैं, वह आपका कुटुम्ब ही है। परिव...
- सम्पत्ति से क्या लाभ रहा?...? विद्या से मैं चैन से रहा हूँ, लेकिन उसके पास विद्या होने से भी क्या लाभ हुआ? उसके पास धन था, विद्या ...
- सम्पदा को जो मुझे जरूरत नहीं थी, उसको इकट्ठा करता है, ये क्यों करता रहा?...? मौत को भूल गया।
मौत जब उसको याद आई तो उसने बार-बार ये कहा - अरे मौत को मत भूलना, मौत को मत भूलना, ...
- सम्पन्न कहाँ से हो जाएँगे?...? अकल तो है नहीं, योग्यता तो है नहीं, विद्या है नहीं, पुरुषार्थ है नहीं, परिश्रम है नहीं, चांस है नहीं...
- सम्पन्न बुद्ध ने क्या काम किया?...? मैं सोचता हूँ कि इतनी बड़ी क्रान्ति और किसी आदमी ने नहीं की। जिस समय में बुद्ध ने विचार-क्रान्ति की ...
- सम्पूर्ण विश्व के लिए जो उन्होंने बीड़ा उठाया है, सफल होंगे?...? हाँ, सफल होने चाहिए।
हम दावा करते हैं कि विश्व को बदलने के लिए हमने जो बीड़ा उठाया है, जी-जान से म...
- सम्भव नहीं है आप क्यों नहीं मानते?...? आप मानने की कोशिश कीजिये। आदमी के भीतर से ये शक्ति का उदय होता है; ये केवल आदमी की तपश्चर्या की वजह ...
- सम्भव है या नहीं अपने बूते यह हो सकेगा या नहीं, इसके परिणाम क्या होंगे?...? इन प्रश्नों में से एक भी प्रश्न आज तक मन में उठा नहीं। उस दिन मैंने एक और नई बात समझी कि सिद्ध पुरुष...
- सम्भवत: अदृश्य शक्ति का ही इसमें हाथ हो?...? ऐसी शक्ति का जो समय-समय पर, आड़े समय में, बिगड़ता सन्तुलन सँभालने के लिए अपने वर्चस्व का प्रकटीकरण...
- सम्भवतः अदृश्य शक्ति का ही इसमें हाथ हो?...? ऐसी शक्ति का जो समय-समय पर आड़े समय में बिगड़ता सन्तुलन सँभालने के लिए अपने वर्चस्व का प्रकटीकरण करत...
- सम्भवतः यह उन्हें पहले ही बताया जा चुका होगा कि उनके अधूरे कामों को समय की अनुकूलता के अनुसार पूरा करने के लिए यह स्थूल शरीर धारी बालक अपने ढंग से क्या-क्या कुछ करने वाला है एवं अगले दिनों इसकी भूमिका क्या होगी?...? सूक्ष्म शरीर से अन्तःप्रेरणाएँ उमगाने और शक्तिधारा प्रदान करने का काम हो सकता है, पर जनसाधारण को प्र...
- सम्मान आप प्राप्त करना चाहते थे न?...? मेरी प्रार्थना है, आप यह नियम बदल दीजिए। दूसरों को सम्मान दीजिए। दूसरों को सम्मान देंगे, तो आप देखें...
- सम्मान किया है या हमको अछूत बता दिया है?...? हरिजन शब्द आज खराब हो गया है। ‘भक्ति’ शब्द भी मैं अब नहीं कहता, क्योंकि ‘भक्ति’ शब्द अब बदनाम हो ग...
- सम्वेदनाओं को न देखा जाए तो माँ बच्चों के लिए इतना कष्ट क्यों सहे?...? प्रसव का प्राणान्तक कष्ट क्यों स्वीकार करे? उनके लिए अपने खाने-पीने से लेकर घूमने-फिरने तक पर क्यों ...
- सरकार कर सकती है?...? नहीं, सरकार का संस्कृति से, विद्या से कोई ताल्लुक नहीं। सरकार का सभ्यता से, एटीकेट से, लिबास-पोशाक स...
- सरकार का आज तक नहीं लिया है, अब सरकार की पेंशन लेंगे?...? हमारे हाथ-पाँव कहाँ चले गए। हमने राष्ट्र के लिए काम किया है, न कि पेंशन के लिए किया है। पेंशन के लिए...
- सरकार का क्या फायदा है?...? बच्चे मारे-मारे घूमते हैं। हैरान होते हैं।
आपको मालूम नहीं है कि वे कूपमंडूक के तरीके से, एक...
- सरकार कितना प्रचार करती है कोई सुनता है क्या?...? सुनने के लिए ये बहुत जरूरी है कि जो आदमी उस बात को कहने के लिये आया है, संकल्पवान हो।...
- सरकार कितना प्रचार करती है, कोई सुनता है क्या?...? सुनने के लिए यह बहुत जरूरी है, कि जो आदमी इस बात को कहने के लिये आया है, संकल्पवान हो। संकल्पवान ...
- सरकार क्या देगी हमको?...? हम देंगे, आप क्यों देंगे? मैंने कहा ऐसी प्रखर बुद्धि के व्यक्ति देंगे। हम संस्कारवान और परिष्कृत व्य...
- सरकार से कुछ मिलता रहता है, उससे न जाने क्या करते रहते हैं, मालूम नहीं, क्या करते रहते हैं, क्यों?...? " क्योंकि उसने केवल शरीर देखा था और उसने उनकी फिलॉसफी को नहीं देखा था। गाँधी जी की फिलॉसफी को नहीं द...
- सरकारी कानून समाज में सुव्यवस्था बनाने के लिए काफी नहीं हैं तो फिर कौन-सा होना चाहिए?...? येन बद्धो बलीराजा, दानवेन्द्रो महाबलः। येन त्वां प्रतिबध्नामि रक्षे मा चल मा चल॥ रक्षा-सुरक्षा का ...
- सरकारी नौकरी तो जागीर है, उसे पाकर भी पंखा और मेज कुर्सी छोड़नी पड़ी तो फिर बात ही क्या रही?...? नौकरी करने का लाभ ही क्या रहा? इस मनोवृत्ति के रहते सरकार भी कुछ कर नहीं सकती। लोक निन्दा से बचने के...
- सरदी के दिनों में मोटे कपड़े पहने जाते थे और बन्द घरों में सोया जाता था, इस प्रचलन को क्यों तोड़ें?...? यह तर्क देकर कोई गरमी में भी ऊनी कपड़े पहनने और बन्द घर में सोने का आग्रह नहीं करता। बच्चे जिन कपड़ो...
- सरस्वती का प्रतीक कला के मंच क्या गजब ढा रहे हैं, आपको दिखाई नहीं पड़ता?...? हिन्दुस्तान में जितनी संख्या में सारे अख़बार प्रकाशित होते हैं, हिन्दी से लेकर अँग्रेजी तक सब भाषाओं क...
- सरस्वती की पूजा है तो क्या आप सरस्वती के पुत्र हैं?...? हाँ हम सरस्वती के पुत्र हैं, क्योंकि हमने स्वाध्याय से प्रेम किया है। स्वाध्याय के प्रेम में दिलचस्प...
- सरस्वती की पूजा है तो क्या आप सरस्वती के पुत्र हैं?...? हाँ हम सरस्वती के पुत्र हैं, क्योंकि हमने स्वाध्याय से प्रेम किया है। स्वाध्याय के प्रेम में दिलचस्प...
- सरस्वती सिद्ध होती है कि नहीं होती है?...? राम का नाम सिद्ध होता है कि नहीं होता? हनुमान का नाम सिद्ध होता है कि नहीं होता। चरित्रनिष्ठा और व...
- सरेआम सार्वजनिक स्थानों के साथ-साथ जब ऐसे विज्ञापन कैलेण्डर और रंगीन चित्रों के रूप में घरों में भी प्रवेश कर जाते हैं फिर तो चौबीस घण्टे पड़ने वाली उनकी छाया और प्रेरणा घर के सदस्यों के चारित्रिक संस्कारों पर अपना प्रभाव न छोड़ें, यह कैसे हो सकता है?...? ऐसे विज्ञापित चित्रों को विषय शक्ति की निशुल्क और अनिवार्य शिक्षा बताते हुए सन्त विनोबा ने कहा है—मै...
- सर्कस में तार पर चलने वाली लड़की को आ गयी, तो क्या वह योगी हो गयी?...? महात्मा हो गयी? ज्ञानी हो गयी? उसे आत्मसाक्षात्कार हो गया कि नहीं हो गया? कुछ भी नहीं हुआ। एकाउण...
- सर्दी की कोई शक्ल हो सकती है?...? नहीं, सर्दी की कोई शक्ल नहीं हो सकती। प्यार की कोई शक्ल हो सकती है? कोई शक्ल नहीं हो सकती। क्रोध...
- सर्दी के दिनों में मोटे कपड़े पहने जाते थे और बन्द घरों में सोया जाता था, इस प्रचलन को क्यों तोड़ें?...? यह तर्क देकर कोई गर्मी में भी ऊनी कपड़े पहनने और बन्द घर में सोने का आग्रह नहीं करता। बच्चे जिन कपड़...
- सलाह देने लायक आपकी अकल कैसे विकसित की जा सकती है?...? कौन सी परिस्थितियों में क्या सलाह दी जा सकती है और किस तरह से दी जा सकती है? यह सारा का सारा शिक्षण ...
- सलाह मशवरे की कीमत नहीं समझते?...? आप बहुत कुछ दे सकते हैं। आप वही दीजिए यहाँ से जाने के बाद में। यहाँ से जाने के बाद में आप अपनी खीज क...
- सलाह-मशवरे की कीमत नहीं समझते?...? आप बहुत कुछ दे सकते हैं, वही दीजिये।यहाँ से जाने के बाद में आप अपनी खीझ को प्रसन्नता में बदल दीजिये।...
- सलाहें क्या कम होती हैं, प्रोत्साहन की कीमत नहीं समझते आप?...? परामर्शों की कीमत (नहीं) नहीं समझते? सलाह मशवरे की कीमत नहीं समझते? आप बहुत कुछ दे सकते हैं। आप वही ...
- सलाहें क्या कम होती हैं?...? प्रोत्साहन की कीमत नहीं समझते आप? परामर्शों की कीमत नहीं समझते? सलाह-मशवरे की कीमत नहीं समझते? आप बह...
- सवा रुपये का छाछ आप अपने बच्चों को नहीं पिला सकते?...? नहीं, साहब! हम पान खायेंगे। आप कैसे पान खा सकते हैं?बेटे, क्या करना पड़ेगा? आपको किफायतसारी बनना पड़ेग...
- सवा लाख का अनुष्ठान क्या है?...? प्रार्थना है। हमने सुना है कि पी० सी० एस० और आई० ए० एस० की नौकरी प्राप्त करने के लिए पाँच रुपए का फा...
- सवा लाख का अनुष्ठान क्या है?...? प्रार्थना है। हमने सुना है कि पी०सी०एस० और आई०ए०एस० की नौकरी प्राप्त करने के लिए पाँच रुपए का फार्म ...
- सवा लाख के अनुष्ठान से ही लक्ष्मी मिल जाती है?...? गलत है बेटे। सवा लाख का अनुष्ठान क्या है? प्रार्थना है। हमने सुना है कि पी० सी० एस० और आई० ए० एस० की...
- सवा लाख के अनुष्ठान से ही लक्ष्मी मिल जाती है?...? गलत है बेटे। सवा लाख का अनुष्ठान क्या है? प्रार्थना है। हमने सुना है कि पी०सी०एस० और आई०ए०एस० की नौक...
- सवारी अगर हमारे पास न हो तो हम किस तरीके से चल सकते हैं?...? अपनी अटैची और होल-डाल लेकर किस तरीके से स्टेशन से घर तक पहुँचा सकते हैं? यह बहुत मुश्किल है हमारे लि...
- सवाल इस बात का है कि आपका तौल और आपका वजन इस लायक है या नहीं है?...? आप दो पैसे के ऊपर अपना ईमान खराब करते हैं, तो हम कैसे मानेंगे कि आप ऐसे चरित्रवान आदमी हैं, जो नया...
- सवाल यह है कि कब तक सहायता करेंगे हमेशा, जिन्दगी भर?...? नहीं बेटे, जिन्दगी भर नहीं कर सकते।
अच्छा तो कब तक करेंगे? सिर्फ उस समय तक करेंगे, जब तक अपने ...
- सवाल यह है कि कब तक सहायता करेंगे, हमेशा, जिन्दगी भर?...? नहीं बेटे, जिन्दगी भर नहीं कर सकते।अच्छा तो कब तक करेंगे? सिर्फ उस समय तक करेंगे, जब तक अपने पैरों पर...
- सविता क्या देता है?...? सविता बेटे, सारा सामान देता है। क्या-क्या सामान देता है? पिता क्या देता है? पिता बेटे की पढ़ाई के लि...
- सविता क्या देता है?...? सविता बेटे, सारा सामान देता है। क्या क्या सामान देता है? पिता क्या देता है? पिता बेटे की पढ़ाई के लिए...
- सविता क्या है?...? यज्ञ। और सावित्री? गायत्री का नाम है। इनका जप और ध्यान। माँ का अथवा सविता देवता का ध्यान कर लीजिए। इ...
- सविता क्या है?...? यज्ञ। और सावित्री? गायत्री का नाम है। इनका जप और ध्यान। माँ का अथवा सविता देवता का ध्यान कर लीजिए। इ...
- सविता क्या होता है?...? सविता होता है, पुरुष। पुरुष कैसे होता है? जिसमें सारे अक्षरों में पुलिंग का समावेश हो। आपमें से ...
- सवेरे प्रात: काल सारे दिन की स्कीम बनाइए कि आज हमको करना क्या है?...? और शाम को इसकी समीक्षा कीजिए कि हमने कोई गलती तो नहीं की है और की है तो उसका सुधार कैसे होना चाहिए औ...
- सहज ही चर्चा में उनसे पूछा गया कि गुरुजी आप जबलपुर जायेंगे क्या?...? जायेंगे तो कहाँ ठहरेंगे? इस पर गुरुजी ने कहा, ‘‘मैं तो कहीं जाता नहीं। लेकिन यदि जाना ही पड़ा तो जबलप...
- सहधर्मिणी मान पाएँ तब?...? तब! यही महिलाएँ आपके लिए देवी की तरह से सहायक होंगी। आप चाहें स्त्रियों को देवी बना लीजिए, चाहे डाकि...
- सहयोग कहाँ से मिलेगा?...? बेटे, हमको पहले मिली है इज्जत, फिर हमको मिली सहायता। सहायता नहीं मिलती, तो हम कहाँ से यह सब काम चला ...
- सहयोग कहाँ से मिलेगा?...? बेटे, हमको पहले मिली है इज्जत, फिर हमको मिली सहायता। सहायता नहीं मिलती, तो हम कहाँ से यह सब काम चला ...
- सहयोग के आधार पर परस्पर हित साधन की प्रक्रिया चलती रह सकती है, किन्तु जहाँ व्यक्तिवाद की आपाधापी ही सब कुछ हो वहाँ यह समझ में नहीं आता कि संकीर्ण स्वार्थपरता अपना लेने पर दूसरों के अधिकारों को क्षति पहुँचती है या नहीं?...? यह स्थिति ऐसी है जिसमें दूसरों के कष्ट-संकट और अहित की ओर ध्यान जाता ही नहीं, मात्र अपना ही लाभ सूझत...
- सहस्त्रार को जाग्रत करने वाला जो प्रकाश है, वह तो आपकी आँखों के रास्ते सारा का सारा वाइब्रेशंस- तरंगों में से नष्ट हो जाएगा, फिर आप कहे कि गुरुजी हमारा सहस्रार जगा दीजिए, तो कैसे जगाएँ हम?...? इसके अन्दर जो गरमी थी, ऊर्जा थी वह तो तूने खत्म कर दी। इसी तरह आहार के आधार पर जो तेरा रक्त बनता है औ...
- सहस्रार कमल क्या है?...? यह एक कमल है, जिसमें हजारों पंखुड़ियाँ हैं। मस्तिष्क एक तालाब है, जिसमें यह कमल खिल रहा है। यह ऊपर से...
- सहस्रार को जाग्रत करने वाला जो प्रकाश है, वह तो आपके आँखों के रास्ते सारा का सारा वाइब्रेशंस—तरंगों में से नष्ट हो जाएगा, फिर आप कहेंगे कि गुरुजी हमारा सहस्रार जगा दीजिए, तो कैसे जगाएँ हम?...? इसके अन्दर जो गर्मी थी, ऊर्जा थी वह तो तूने खत्म कर दी। इसी तरह आहार के आधार पर जो तेरा रक्त बनता है...
- सहस्रार- चक्र में लगने वाली सारी शक्ति इसी में लय कर देंगे, तब फिर वह जागेगा कैसे?...? सहस्त्रार को जाग्रत करने वाला जो प्रकाश है, वह तो आपकी आँखों के रास्ते सारा का सारा वाइब्रेशंस- तरंग...
- सहस्रार-चक्र में लगने वाली सारी शक्ति इसी में लय कर देंगे, तब फिर वह जागेगा कैसे?...? सहस्रार को जाग्रत करने वाला जो प्रकाश है, वह तो आपके आँखों के रास्ते सारा का सारा वाइब्रेशंस—तरंगों ...
- सहायक कौन-सा है?...? उसका नाम है—तप।
मित्रो! तप क्या चक्कर है? तप से अपनी वृत्तियों को सुधारने का प्रयास करते हैं। शरीर...
- सहायता करने वाले कम हैं क्या?...? नारद जी आ गएl नारद जी, नारद जी बाकी बच्चों के पास क्यों नहीं गए? ध्रुव के भाई-बहन और भी तो होंगे, उन...
- सहायता का रास्ता बन्द है क्या?...? बुरे लोगों के लिए भी सहायता का रास्ता खुला हुआ है और अच्छे लोगों के लिए भी खुला हुआ है। गाँधी जी के ...
- सहायता कौन सी कर पाएँ?...? जैसे ज्ञान की साधना एक चीज़ है - आप किसी आदमी का ज्ञान बढ़ा दें, तो उसकी असली सेवा हो गई। ज्ञान के बाद...
- सहायता दी है?...? श्रद्धा दी है? समाज को कुछ दिया है? दे करके देखिये और यह पाइये कि कितना ज्यादा सन्तोष मिलता है मन...
- सहायता देने के लिए हमको क्या करना पड़ता है?...? हमको तप की पूँजी इकट्ठी करनी पड़ती है। इकट्ठी न करें तो हम कोई सहायता नहीं कर सकते। गुरुजी! आप जबान...
- सहायता न की, तब?...? तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे? मत झल्लाइए, कोशिश कीजिए, शायद दूसरों का सहयोग मिल जाए। जिस सी...
- सहायता न की, तब?...? तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे? मत झल्लाइए, कोशिश कीजिए, शायद दूसरों का सहयोग मिल जाए। जिस सी...
- सहायता नहीं मिलती, तो हम कहाँ से यह सब काम चला रहे हैं बताइए?...? हमारे कितने जीवनदानी मुट्ठी में हैं। ब्रह्मवर्चस एक, ब्रह्मवर्चस में कितने आदमी काम करते हैं? वे क्य...
- सहायता नहीं मिलती, तो हम कहाँ से यह सब काम चला रहे हैं, बताइए?...? हमारे कितने जीवनदानी मुट्ठी में हैं। ब्रह्मवर्चस एक, ब्रह्मवर्चस में कितने आदमी काम करते हैं? वे क्य...
- सही कहता है या झूठ?...? सच कहता हूँ, भगवान को साक्षी मानकर, इसमें आपके चरणों के जल के अलावा कोई चीज नहीं है। अच्छा! गुरुजी च...
- सही काम करना है तो फिर आपको यह बात उठाकर ताक पर रखनी पड़ेगी कि कौन नाराज होगा, कौन नहीं?...? अगर आपको भगवान को प्रसन्न करना है और अपने ईमान को प्रसन्न करना है, जीवात्मा को प्रसन्न करना है तो लो...
- सही ख्याल क्या है?...? देवता एक मैग्नेट के दबाव से लोगों की सहायता करने के लिए और वरदान देने के लिए मजबूर होते हैं। हमारे द...
- सही तरीका क्या हो सकता है?...? कल हमने आपको बताया था—‘श्रद्धा’ एक और दूसरा हम आपको बताते हैं—प्रज्ञा और निष्ठा अर्थात् श्रेष्ठ जी...
- सही श्लोक बोले गये या गलत बोले गये?...? इसके कहने की शैली बोलने का तरीका कैसा था? यह कौन सुनता है? कान सुनते हैं। कानों में भी एक जायका हो...
- सही- सही बताना कि जो हम करते हैं, क्या वही आप भी करते हैं या कोई और तरीके की दण्ड- बैठक करते हैं?...? " पहलवान ने उनको देखा, मुआइना किया और कहा- "जैसा आप करते हैं वैसा ही हम करते हैं, कोई फर्क...
- सही-सही बताना कि जो हम करते हैं, क्या वही आप भी करते हैं या कोई और तरीके की दण्ड-बैठक करते हैं?...? " पहलवान ने उनको देखा, मुआयना किया और कहा—'जैसा आप करते हैं, वैसा ही हम करते हैं, कोई फरक नहीं है।...
- साँकल क्यों नहीं लगाते हो?...? ताला भी नहीं लगाते? हाँ साहब! साँकल नहीं लगाते, वरन रस्सी लेकर खूटी से बाँध देते हैं और यों ही दरवाज...
- साँचे ही अगर ठीक न हो सकेंगे तो हम दुनिया को कैसे ढालेंगे?...? आप पहले अपने आपको बदल डालिए। हमने अपने आपको जितना बनाया है, भगवान हमें उसी हिसाब से अनुग्रह देते हुए...
- साँड़ कहाँ होते हैं?...? साँड़ हमारे भीतर रहते हैं। साँड़ कौन होते हैं? एक तो वे जिन्हें अवांछनीयता कहते हैं, अनैतिकता कहते ह...
- साँड़ कहाँ होते हैं?...? साँड़ हमारे भीतर रहते है। साँड़ कौन होते हैं? एक तो वे जिन्हें अवांछनीयता कहते हैं, अनैतिकता कहते है...
- साँड़ कौन होते हैं?...? एक तो वे जिन्हें अवांछनीयता कहते हैं, अनैतिकता कहते हैं। बेटे, हमारे भीतर एक नैतिक पक्ष है और एक अनै...
- साँड़ कौन होते हैं?...? एक तो वे जिन्हें अवांछनीयता कहते हैं, अनैतिकता कहते हैं। बेटे, हमारे भीतर एक नैतिक पक्ष है और एक अनै...
- साँप की आँख कैसी है?...? बस बहुत सी चीजें देखने को मिल गयीं और आपका मन एक सीमाबद्ध हो गया। इसके बाद आप मन को उस केन्द्र से हट...
- साँप की पूँछ कैसी है?...? साँप की आँख कैसी है? बस बहुत सी चीजें देखने को मिल गयीं और आपका मन एक सीमाबद्ध हो गया। इसके बाद आप म...
- साँप की पूजा, हँस की पूजा, मोर की पूजा, कबूतर की पूजा—ये सारी-की सीख लीं आपने और इसके पीछे क्या प्रेरणाएँ भरी पड़ी हैं?...? क्या शिक्षा मिलनी चाहिए, उसका ख्वाब भी नहीं आया होगा और आपने देखने की कोशिश भी नहीं की। गहराई में जा...
- साँप कैसा है?...? यह मस्तिष्क से चलता है और रीढ़ की हड्डी में आ करके नीचे खत्म हो जाता है। बाकी क्या है? इसके पंख हैं, ...
- साँप को मोर खा जाये तो?...? कौन किसको खा जाय, कहा नहीं जा सकता। शंकर जी पूरे का पूरा सर्कस लेकर चलते हैं और उनकी साज-संभाल भी कर...
- साँप चला था?...? नहीं, साँप नहीं चला था। वह तो बहुत दिन पहले ही मर गया था। वह कैसे जिन्दा हो जाता? फिर वह कैसे जिन्दा ह...
- साँप में लाइए कहाँ से आ गया जहर?...? उसके भीतर से पैदा होता है।पेड़ जो होते हैं वे धरती और वायुमण्डल में से जल खींच लाते हैं। जहाँ कहीं भी...
- साँप में शक्ति थी?...? नहीं भाई साहब! वह उनकी शक्ति थी, जिनकी वाणी ने मरे हुए साँप के ऊपर हावी होकर उसे जिन्दा कर दिया था। व...
- साँपों के हवन से क्या मतलब था?...? जनमेजय ने सर्पयज्ञ किया था। क्या इरादा था? उनका इरादा था कि संसार में जो अवांछनीय तत्त्व हैं, उनको ह...
- साँस नहीं लें तब?...?...
- साँस लेते एवं पानी पीते यह आशंका सामने खड़ी रहती है कि उसके साथ कहीं मन्द विषों की भरमार शरीरों में न हो रही हो?...? उद्योगों-वाहनों द्वारा छोड़ा गया प्रदूषण ‘‘ग्रीन हाउस इफेक्ट’’ के कारण अन्तरिक्ष में अतिरिक्त तापमान...
- सांसारिक जीव क्या चाहते हैं?...? सांसारिक जीव पैसा चाहते हैं। पैसा आपके पास है? हम आपको क्या हवाला दें कि हमारे पास पैसा है कि नहीं ह...
- सांसारिक जीवन के लिए भी दो बातें बता चुका हूँ कि अगर आपको मालदार बनना हो, तो क्या करना पड़ेगा?...? आपको अपना श्रम और अपनी बुद्धि को पैना करना पड़ेगा। अगर इन्हें पैना करेंगे, तो आप सांसारिक जीवन में, ...
- सांसारिक सफलता की नसीहत किसने दी?...? बेटे! तब मैं 13-14 वर्ष का रहा होऊँगा। उन दिनों सन् 1921 में आरम्भ हुआ स्वराज्य आन्दोलन बड़े जोरों से ...
- सांसारिकता को प्राप्त करने से पहले आप पैसे को कैसे हजम कर सकते हैं?...? यह ज्ञान होना चाहिए।
मेहनत की कमाई
स्वामी सत्यदेव परिव्राजक एक बार जर्मनी गए॥ वहाँ सड़क प...
- साइंटिस्ट किससे काम करते हैं?...? व्यापारी किससे काम करते हैं? अकल से वे मालदार हो गये। शरीर से मालदार हो गए क्या? नहीं, शरीर से मशक्...
- साइकिल चलानी आती है तुझे?...? हाँ महाराज जी! कभी आती है, कभी भूल जाते हैं। नहीं बेटे! साइकिल चलाना सीख ले। साइकिल चलाने में जिन दो...
- साइकिल चलानी आती है तुझे?...? हाँ महाराज जी! कभी आती है कभी भूल जाते हैं। नहीं बेटे! साइकिल चलाना सीख ले। साइकिल चलाने में जिन दो ...
- साइकोलॉजी में कितने विद्यार्थी हैं?...? साहब ! दो विद्यार्थी हैं और मास्टर कितने हैं? तीन मास्टर हैं। धत् तेरे की ये क्या हुआ? अरे बेटे!...
- साइक्लोन किसे कहते हैं?...? चक्रवात को। चक्रवात किसे कहते हैं? बेटे! गरमी के दिनों में गाँवों में धूल का अन्धड़ आता है और गोल-गोल...
- साइक्लोन किसे कहते हैं?...? चक्रवात को। चक्रवात किसे कहते हैं? बेटे! गरमी के दिनों में गाँवों में धूल का अन्धड़ आता है और गोल-गोल ...
- साकार और निराकार भगवान के दो स्वरूप हैं, परन्तु ये किसलिए हैं और उनका उद्देश्य क्या है?...? साकार मूर्तियाँ बनाई तो गई हैं, पर हैं नहीं साकार। साकार से हमको अन्दाजा लगाना पड़ता है कि चेतनात्मक ...
- साग-भाजी उगाने की तो हम कह नहीं सकते, क्योंकि जब वर्षा का अभाव होगा तो आप साग-भाजी कहाँ से उगा पाएँगे?...? साग-भाजी मनुष्य के जीवन के लिए उतनी ही आवश्यक है—जितना अनाज। अनाज से कम आवश्यक नहीं है। आप साग-भाजी ...
- साठ आदमी एक साथ मिलकर बाग लगाने के लिए, सफाई के लिए, स्कूल चलाने के लिए खड़े हो जाएँ तो फिर आप देखिये कि साल भर में क्या हो सकता है?...? जनता की इस शक्ति को हमें जगाना पड़ेगा। जनता के पास कर्तव्यों का उद्बोधन करने के लिए हमको जाना पड़ेगा...
- साठ आदमी एक साथ मिलकर बाग लगाने के लिए, सफाई के लिए, स्कूल चलाने के लिए खड़े हो जाएँ तो फिर आप देखिये कि साल भर में क्या हो सकता है?...? जनता की इस शक्ति को हमें जगाना पड़ेगा। जनता के पास कर्तव्यों का उद्बोधन करने के लिए हमको जाना पड़ेगा। ...
- साठ माल की उम्र में क्या कर रहा है?...? गुरुजी ! हमारे तो साढ़े सात नंबर का चश्मा चढ़ गया है और वह खो गया है। तो अब आपको दिखाई नहीं पड़ता? ह...
- सात ऋषि आसमान में टँगे हुए हैं तो क्या मर गए ऋषि?...? मर नहीं सकते ऋषि। अध्यात्मवादी मरता नहीं है। अध्यात्मवादी की मृत्यु नहीं हो सकती। प्राण की दृष्टि से...
- सात ऋषि हैं, उनमें से एक विश्वामित्र भी हैं, विश्वामित्र कहाँ रहते थे?...? उनकी कुटिया कहाँ थी? यहीं थी, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज है। यह विश्वामित्र का स्थान है।वातावरण का कितना अस...
- सातवें दिन के बाद आठवाँ दिन कहाँ हैं?...? इसलिए आप भी राजा परीक्षित के तरीके से विचार कर सकते हैं कि हमारी बची हुई जिन्दगी, जो मौत के दिनों के ...
- सातवें दिन से आठवाँ दिन कहाँ है?...? इसलिए आप भी राजा परीक्षित की तरीके से विचार कर सकते हैं कि हमारी बची हुई जिन्दगी, ये मौत के दिनों के...
- सातों ऋषि क्या करते रहे?...? तप करते थे। ध्रुव जी क्या करते थे? तप करते थे। अच्छा, पार्वती जी ने ब्याह कर लिया। हाँ! शंकर भगवान...
- साथ की उन्हें किस प्रकार निरस्त किया जाए?...? यह न केवल सोचना होता वरन उसके लिए दिनचर्या का ऐसा ढाँचा बनाना होता है जिसे अपनाकर उपर्युक्त चारों सं...
- साथ नहीं चलेंगे तो योग्य आदमी कैसे बनेंगे?...? आज और कुछ नहीं कहना है, केवल इतना ही कहना है कि जो हमारे बच्चे हैं, जिनको हमने पैदा किया है, पाला है...
- साथ रहते तो क्या हर्ज था?...? तब यह हर्ज था कि शक्ति बिखर जाती। पहले भी ऐसा हुआ है। कई व्यक्तियों को इसी तरीके से करना पड़ा है। पा...
- साथ ही यह भी गौर कीजिए कि किस काम के लिए यह किया जा रहा है?...? जिस काम के लिए भी किया जा रहा है, क्रियाएँ जो भी की जा रही हैं, उनका उद्देश्य क्या है आम लोगों ने क्...
- साथ ही रोगियों की संख्या इतनी तेजी से बढ़ रही है, मानों अब दुनिया में सर्वथा नीरोग कहे जा सकने वाले व्यक्ति रह ही न गए हों?...? इलाज सभी करते हैं, पर कुछ दिन चमत्कार दिखाने के उपरान्त सभी उपचार निरर्थक हो जाते हैं। मरीज एक से दू...
- साथ-साथ क्यों नहीं चलती रहीं?...? इसका एक ही उत्तर है उनकी दिशा बदल गयी। जीवन की दिशाधारा बदलने का आधार मात्र एक ही है-दृष्टिकोण।...
- साधकों को प्रारम्भ में ही निर्देश दे दिये जाते हैं कि सत्रकाल में निर्धारित दिनचर्या सम्पन्न करने के साथ ही चिन्तन को एक ही लक्ष्य पर केन्द्रित रखा जाय कि भूतकाल की कुसंस्कारिता, अनगढ़ता से, लोभ, मोह और अहंकार के भव बन्धनों से पीछा कैसे छुड़ाया जाय?...? जीवन-मुक्ति का आनन्द कैसे लिया जाय? साधना याचना नहीं होती और न उस कारण कहीं आसमान से वरदान उपहार बरस...
- साधन कहाँ से आयेंगे?...? एक छोकरा भागता हुआ चला आया। उसने कहा-पिताजी! मेरा सारा का सारा धन आपके चरणों पर न्यौछावर है।...
- साधन कहाँ से जुटते हैं?...? इन सबका उत्तर काय-कलेवर के कण-कण में संव्याप्त और गतिशील विद्युत प्रवाह की ओर संकेत करके ही दिया जा ...
- साधन कैसे जुटेंगे?...? प्रोत्साहन और सहयोग कहाँ से मिलेगा? ऐसे सभी लोगों तक सन्देश पहुँचा दिया गया है कि सूक्ष्म स्तर की गत...
- साधन नहीं थे?...? बेकार बात मत करिए! न पैसे से कोई ताल्लुक है, न साधनों से कोई ताल्लुक है, न कठिनाइयों से कोई ताल्लुक ...
- साधन सम्पन्न होने से क्या हुआ?...? सामर्थ्यवान होने से क्या बना? उनके हृदय बहुत ही छोटे और कृपण हैं। संग्रह और उपभोग से आगे की बात सोचन...
- साधन-सामग्री के बिना उनको क्या सिखाया जाए क्या पढ़ाया जाए क्या सुनाया जाए?...? इस तरीके से उस साधन-सामग्री को घर की एक संपदा के रूप में, एक तिजोरी के रूप में, एक जेवर के रूप में, ...
- साधन-सामग्री के बिना उनको क्या सिखाया जाए, क्या पढ़ाया जाए, क्या सुनाया जाए?...? इस तरीके से उस साधन-सामग्री को घर की एक संपदा के रूप में, एक तिजोरी के रूप में, एक जेवर के रूप में, ...
- साधन-सामग्री के बिना उनको क्या सिखाया जाए, क्या पढ़ाया जाए, क्या सुनाया जाए?...? इस तरीके से उस साधन-सामग्री को घर की एक सम्पदा के रूप में, एक तिजोरी के रूप में, एक जेवर के रूप में,...
- साधनहीन अखण्ड ज्योति पत्रिका बिना विज्ञापन छापी जा भी सकेगी?...? यह सन्देह सभी करते थे। पूजा-पाठ के आधार पर खड़ा किया गया छोटा सा संगठन, किसी दिन जनमानस की कठिनतम सम...
- साधना अगर न की जाए तब?...? आदमी प्राकृतिक रूप से बड़ा वाहियात है, वनमानुष है। डारविन ने कहा था न कि बन्दर है; बन्दर नहीं है तो ब...
- साधना अगर न की जाए तब?...? आदमी प्राकृतिक रूप से बड़ा वाहियात है, वनमानुष है। डारविन ने कहा था कि इनसान बन्दर की औलाद है; बन्दर ...
- साधना आप किसकी करते हैं?...? कभी पत्थर की करते हैं, कभी खिलौने की करते हैं। कभी मूर्ति की करते हैं, कभी प्रेत की करते हैं। कभ...
- साधना इतनी सस्ती होती है?...? इतनी कीमती चीजें आप इतने डैम चीप (damn cheap) कीमत में (ख) खरीदने की कोशिश करेंगे? मत कीजिए। वास्तवि...
- साधना इतनी सस्ती होती है?...? इतनी कीमती चीजें आप इतने डैमचीप कीमत पर खरीदने की कोशिश करेंगे; मत कीजिएगा। वास्तविकता के नजदीक आइये...
- साधना और कुछ नहीं है?...? अपनी जीवात्मा को, अपनी अन्तश्चेतना को विकसित करते-करते हम महात्मा एक देवात्मा दो और परमात्मा तीन, यहा...
- साधना और कुछ नहीं है?...? अपनी जीवात्मा को—अपनी अन्तर्चेतना को विकसित करते-करते हम महात्मा एक, देवात्मा दो और परमात्मा तीन, यह...
- साधना और कोई करके देता है क्या?...? नहीं कोई नहीं देता, हम अपने आपका विकास स्वयं करते हैं, अपने आपका निखार स्वयं करते हैं। आत्मशक्ति को ...
- साधना और कोई करके देता है क्या?...? नहीं कोई नहीं देता, हम अपने आपका विकास स्वयं करते हैं, अपने आपका निखार स्वयं करते हैं। आत्मशक्ति को ...
- साधना किस की?...? गणेश जी की। नहीं बेटे! गणेश जी को तो तरीका मालूम है कि उनको क्या करना और कैसे रहना चाहिए? उनके पास त...
- साधना किस चीज का नाम है?...? साधना बेटे, इस चीज का नाम है, जिसमें हम अपनी भीतर वाली क्षमता का, भीतर वाली चेतना का विकास करते हैं ...
- साधना किस चीज का नाम है?...? साधना बेटे, इस चीज का नाम है जिसमें हम अपनी भीतर वाली क्षमता का, भीतर वाली चेतना का विकास करते हैं औ...
- साधना किसकी करनी पड़ेगी?...? बेटे! अपने जीवन की साधना करनी पड़ेगी। शंकर जी की कर लूँ साधना? नहीं बेटे! शंकर जी के पास तो भूत-पलीत...
- साधना किसकी करनी पड़ेगी?...? बेटे! अपने जीवन की साधना करनी पड़ेगी। शंकर जी की कर लूँ साधना? नहीं बेटे! शंकर जी के पास तो भूत-पलीत,...
- साधना किसकी की जाती है?...? साधना श्रेष्ठ की की जाती है। शरीर की हम साधना करते हैं, तो हम पहलवान हो जाते हैं। मन की साधना करते ह...
- साधना किसे कहते हैं?...? बेटे! अनगढ़ को सुगढ़ बनाने का नाम साधना है। मसलन ये जमीन जिस पर हम और आप निवास करते हैं। आज से लाखों...
- साधना किसे कहते हैं?...? आप तो साधना भजन को कहते हैं। आप तो हर चीज को भजन कहते हैं। आपने जाने यह क्या अर्थ कर लिया है और जाने...
- साधना किसे कहते हैं?...? साधना बेटे, अपने को सँभालने का नाम है। साधना करने का मतलब है—अपने आप को सँभालना। साधना किसकी की जाती...
- साधना किसे कहते हैं?...? अभी तो मैं बता चुका हूँ कि साधना मलाई को कहते हैं और रगड़ाई को कहते हैं। जैसे किसान अपने शरीर की और म...
- साधना किसे कहते हैं?...? बेटे! अनगढ़ को सुगढ़ बनाने का नाम साधना है। मसलन ये जमीन जिस पर हम और आप निवास करते हैं। आज से लाखों व...
- साधना किसे कहते हैं?...? आदतें एक, मान्यताएँ दो और आकांक्षाएँ तीन-इन तीनों को उच्चस्तरीय बनाना पड़ेगा। यही साधना है। जरा ऊँचे ...
- साधना के माध्यम से हम अपने व्यावहारिक जीवन को किस तरीके से अनुशासित रूप दे सकते हैं, किस तरीके से उसे ढाल सकते हैं?...? किस तरीके से अपने कर्म को, अपने विचारों को। अपनी इच्छाओं को, आस्थाओं को परिष्कृत एवं अनुशासनबद्ध कर ...
- साधना के माने?...? साधना के माने यह है कि अपने आप को साध लेना। अपने आप को साध लेने के माने क्या है? इसका माने यह है कि ...
- साधना कैसे की जाती है?...? यही तो मैं निवेदन कर रहा था। साधना के लिए जो आदमी समर्थ है, चाहे कलियुग हो, चाहे पुराना जमाना हो, आप...
- साधना क्या है?...? साधना अपने आपको सँवारना, अपने आपको सँभाल लेना, साध लेना। किसको? अपने आपको। अपने अनगढ़ जीवन को सुगढ़ बन...
- साधना बताने में तो बहुत टाइम लग जाएगा?...? नहीं बेटे ये तो मिनटों की बात है। आपरेशन में क्या देर लगती है ! दवा खिलाने में क्या देर लगती है ! इं...
- साधना बताने में तो बहुत टाइम लग जाएगा?...? नहीं बेटे, ये तो मिनटों की बात है। आपरेशन में क्या देर लगती है। दवा खिलाने में क्या देर लगती है। इंज...
- साधना से क्या मकसद है?...? यह मैं सब अच्छी तरह जानता हूँ। तू जो देखना चाहता है, वह तो मैं इसी तरह दिखा सकता हूँ। आपको पाने की ल...
- साधना से सिद्धि पाने का क्या रहस्य है?...? इस रहस्य को न जानने के कारण ही प्रायः लोग खाली हाथ रह जाते हैं। मित्रो, साधना की सिद्धि होना निश...
- साधना से सिद्धि पाने का क्या रहस्य है?...? इस रहस्य को न जानने के कारण ही प्राय: लोग खाली हाथ रह जाते हैं। मित्रो, साधना की सिद्धि होना निश्चित...
- साधना, उपासना का वैज्ञानिक आधार क्या है?...? मनः शक्तियों के विकास में साधना उपचार किस प्रकार सहायक सिद्ध होते हैं? ऋषिकालीन आयुर्विज्ञान का पुनर...
- साधनों का इस्तेमाल कैसे करें?...? परिस्थितियों का उपयोग किस तरीके से करें? अपने पास जो साधन और सामान मिला हुआ है या मिल सकता है, आप उस...
- साधनों का इस्तेमाल कैसे करें?...? परिस्थितियों का उपयोग किस तरीके से करें? अपने पास जो सामान और साधन मिला हुआ है या मिल सकता है, आप (इ...
- साधनों की पूँजी आप आत्मा की उन्नति के लिए लगा सकते थे, उसको कहाँ से लाएँगे?...? ‘सादा जीवन उच्च विचार’ का मतलब ये है कि ऊँचे विचार की जिन्दगी अगर आपको जीनी है, उत्कृष्ट जीवन आपको...
- साधनों की पूँजी आप आत्मा की उन्नति के लिए लगा सकते थे, उसको कहाँ से लाएँगे?...? ‘सादा जीवन उच्च विचार’ का मतलब ये है कि ऊँचे विचार की जिन्दगी अगर आपको जीनी है, उत्कृष्ट जीवन आपको ज...
- साधारण के लिए नहीं, उसको क्यों कहेगा?...? क्योंकि उसका भगवान, उसका ईमान, उसके साथ है और सारे विश्व में चेतना को वह देखता है।
गुरुजी ने देख...
- साधारण के लिए नहीं, उसको क्यों कहेगा?...? क्योंकि उसका भगवान, उसका ईमान, उसके साथ है और सारे विश्व में चेतना को वह देखता है। गुरुजी ने कण-कण म...
- साधारण माँ की बात कह रही थी और चेतना को धारण करने वाली उस शक्ति का तो कहना ही क्या?...? जिस किसी ने मन से, श्रद्धा से पुकारा होगा तो सम्भव है, उसके दुःख-कष्ट जो उसको पीड़ा पहुँचा रहे थे, उ...
- साधारण माँ की बात कह रही थी और चेतना को धारण करने वाली उस शक्ति का तो कहना ही क्या?...? जिस किसी ने मन से श्रद्धा से पुकारा होगा तो सम्भव है उसके दुःख कष्ट जो उसको पीड़ा पहुँचा रहे थे उनमे...
- साधारणतः आदमी बीमार पड़ जाता है क्यों?...? जंगलों में घूमने वाले जानवर क्यों बीमार नहीं पड़ते? आदमी और आदमी की बन्दगी में रहने वाले जानवर क्यों ...
- साधु ने पूछा-तात यह तो बताओ घर में सब लोगों में परस्पर एकता, अनुशासन और प्रेम भाव तो है?...? गृहस्थ बोला-महाराज यही तो कमी है उसी से तो अशान्ति फैल रही है। साधु ने कहा-तो जाओ और कल से दो घण्टा ...
- साध्य क्या है?...? साध्य है—श्रद्धा और प्रतीक? प्रतीक को बेटे! साधन कहते हैं। आप समझते क्यों नहीं है? मीरा ने यही कर लि...
- साध्य है—श्रद्धा और प्रतीक?...? प्रतीक को बेटे! साधन कहते हैं। आप समझते क्यों नहीं है? मीरा ने यही कर लिया और किस-किस ने किया? बेटे!...
- साफ करने से क्या मिलेगा?...? साफ करने से यह मालूम पड़ेगा, समझ में आएगा कि ये इस लायक हैं कि इनके यहाँ जाया जा सकता है। अगर हम दरव...
- साबुन कितने का लगा और धुलाई कितने दाम की हुई?...? यह हिसाब लगाते समय धुलाई के पैसे में से साबुन के पैसे काट दिये जाय तो प्रायः आधा पारिश्रमिक बैठता है...
- साबुन हम बार-बार लगाते हैं, क्या मतलब है?...? बेटे ! यह रेपिटिशन हो रहा है। हम बार-बार कपड़े धोते हैं। अरे ऐसे धोया कीजिए कि कपड़े पर पानी डाल दिय...
- सामने उसके एक समस्या यह उत्पन्न हुई कि देवी से क्या वरदान माँगा जाय और क्या बना जाय?...? मजदूर के मन में आया कि राजा बड़ा होता है। राजा बनने का आशीर्वाद प्राप्त करना चाहिए। इतने में कल्पना उ...
- सामने परिस्थितियाँ दिखाई नहीं दे रही हैं?...? ये हाहाकार और चीत्कारें कानों में नहीं आ रही हैं? उन्होंने उसके पौरुष को ललकारा और यह कहा कि जनखे! घ...
- सामने वाला चन्द्रमा है कि नहीं और जोगिनी पीठ पीछे हैं कि नहीं?...? दिशाशूल हमारे आगे है, तो हम एक कदम आगे नहीं बढ़ सकते। देखिये न—पण्डितजी! अरे कहाँ जा रहा है? अरे महार...
- सामने वाला भी घायल हो जाये और अपने को चोट नहीं आयेगी ये कैसे हो सकता है?...? अपने आपको भी चोट आ सकती है, ये मानकर लड़ाई के मैदान में आना चाहिए। संघर्ष के मोर्चे पर सिर्फ उसी को आ...
- सामर्थ्य कहाँ रहती है?...? बेटे! कहीं नहीं रहती है। दुनिया में वह एक ही जगह रहती है और कहीं सामर्थ्य नहीं है। उस सामर्थ्य को प्...
- सामर्थ्य कहाँ से आती है?...? सामर्थ्य आदमी के भीतर से निकलती है। आदमी की जो उच्चस्तरीय वस्तु है, उसका नाम है—श्रद्धा। मीरा को क्य...
- सामर्थ्यवान होने से क्या बना?...? उनके हृदय बहुत ही छोटे और कृपण हैं। संग्रह और उपभोग से आगे की बात सोचना उनकी कृपण चेतना के लिए सम्भव...
- सामाजिक अत्याचार की बात हम क्या कहें?...? हमारे पिताजी की जब मृत्यु हुई तो हमें याद है कि हमारे घर में महाब्राह्मण आये थे। उन्होंने भोजन किया,...
- सामाजिक आधार पर समझाइए?...? (२) सहकारितायुक्त की प्रवृत्ति में आध्यात्मिक आदर्श किस प्रकार जुड़े हुये हैं? (३) स्वार्थी व्यक्ति क...
- सामाजिक कुरीतियों का तो कहना ही क्या?...? विवाहोन्माद, मृत्यु-भोज ऊँच-नीच नारी तिरस्कार, बाल-विवाह वृद्ध-विवाह आदि न जाने कितनी प्रकार की कुरी...
- सामाजिक कुरीतियों का तो कहना ही क्या?...? विवाहोन्माद, मृत्यु-भोज, ऊँच-नीच, नारी तिरस्कार, बाल-विवाह, वृद्ध-विवाह आदि न जाने कितने प्रकार की क...
- सामाजिक क्षेत्र में जिसके पास अधिक धन संचित है वह भाग्यशाली होता है, यह मान्यता पहले कभी रही होगी?...? अब तो उसे अनैतिकता का चिह्न माना जाता है। समान वितरण की परिपाटी जोर पकड़ती चली जा रही है। उत्पादन के...
- सामाजिक जीवन में महत्त्वपूर्ण भूमिका अदा करने के लिए मनुष्य की नीतियाँ क्या होनी चाहिए?...? दृष्टिकोण क्या होना चाहिए? समाज के साथ में अपनी डीलिंग करने के लिए लोक-व्यवहार के लिए समाज की कु...
- सामाजिक जीवन में महत्त्वपूर्ण भूमिका अदा करने के लिए मनुष्य की नीतियाँ क्या होनी चाहिए?...? दृष्टिकोण क्या होनी चाहिए? समाज के साथ में अपनी डीलिंग करने के लिए, लोकव्यवहार के लिए, समाज की कुरीत...
- सामाजिकता का ज्ञान नहीं रहा होगा और अपनी जिम्मेदारियों का ज्ञान नहीं रहा होगा, अपनी गौरव-गरिमा और गुण, कर्म, स्वभाव की विशेषताओं के बारे में कोई जानकारी नहीं रही होगी, तब?...? तब जैसे कि विकासवादी वैज्ञानिक डार्विन साहब कहते थे कि—‘‘मनुष्य बन्दर की औलाद है।’’ तब वास्तव में बन्द...
- सामान्य लोगों में भी इतनी बुद्धिमत्ता विकसित हो गई है कि वे इतने भर से सन्तुष्ट न हो कि क्या कहा गया?...? वरन् यह भी परखें कि किसने कहा?
गाँधी, विनोबा आदि के कथनों और मार्ग दर्शनों को लाखों ने सच्चे मन ...
- सामान्य जन तो अपनी निजी आवश्यकताओं, उलझनों तक का समाधान नहीं कर पाते, फिर व्यापक बनी-हर क्षेत्र में समाई विपन्नताओं से जूझने के लिए उनसे क्या कुछ बन पड़ेगा?...? इस कठिन कार्य को सम्पन्न करने के लिये विशिष्टतायुक्त प्रतिभाएँ चाहिए। बड़े युद्धों को जीतना वरिष्ठ...
- सामान्य जीवन में कौन पीछे लगेगा आपके?...? एक-एक गलती, एक-एक विचारधारा, एक-एक भूल के बारे में कौन सुधार करे? इसलिए ये काम आप को स्वयं ही करना प...
- सामान्य जीवन में कौन पीछे लगेगा?...? एक-एक गलती, एक-एक विचारधारा, एक-एक भूल के बारे में कौन सुधार करे? इसलिए ये काम आप को स्वयं ही करना प...
- सामान्य ज्ञान की बातों का बतंगड़ कौन बनाता है?...? उपरोक्त उदाहरण इसलिए दिये गए हैं कि अध्यात्म क्षेत्र की साधनाओं का स्वरूप और उनका सिद्धि-प्रतिफल बता...
- सामान्य भीड़-भाड़ जो मेरी सभाओं में आती है उस स्तर के नहीं, बल्कि गणमान्य व्यक्ति उत्सुकता में आये और यज्ञ सम्पन्न हुआ सहस्त्रों लोगों ने उसको देखा, कितना पैसा खर्च हुआ, कितनी व्यवस्था बनी, लोग हैरत में रह गये कि आखिर कैसे हो गया?...? किसी ने जादू समझा, किसी ने तमाशा समझा, किसी ने राजा-महाराजा का आयोजन समझा, किसी ने चन्दा समझा, किसी ...
- सामान्यजन तो अपनी निजी आवश्यकताओं, उलझनों तक का समाधान नहीं कर पाते, फिर व्यापक बनी-हर क्षेत्र में समाई विपन्नताओं से जूझने के लिए उनसे क्या कुछ बन पड़ेगा?...? इस कठिन कार्य को सम्पन्न करने के लिए विशिष्टतायुक्त प्रतिभाएँ चाहिए। बड़े युद्धों को जीतना वरिष्ठ से...
- सामान्यतया मनुष्य की व्याख्या और क्या की जाय?...? उसकी विशेषता और क्या बताई जाय? इन्द्रियगम्य उसका प्रत्यक्ष स्वरूप इतना ही तो है। अन्य प्राणियों की त...
- सामूहिक गायत्री मन्त्रोच्चारण होता है, साथ ही संगीत और प्रवचन के माध्यम से वह सब बताया जाता है कि स्थानीय लोगों को किस प्रकार प्रगतिशीलता के पथ पर चलना चाहिए और वर्तमान प्रचलनों में से किसमें क्या सुधार करना चाहिए?...? बाद में उपस्थित प्रतिभावानों का एक प्रज्ञा मण्डल बना दिया जाता है।प्रात:काल यज्ञ, दोपहर में विचारगोष...
- सामूहिक हवन कैसे हो सकता है?...? ऐसे ही जैसे हम आप एक सौ कुण्डीय यज्ञों के बड़े आयोजनों में करते हैं। लोग पारी-पारी से आते-जाते हैं। उन...
- सायंकाल का कार्यक्रम क्या है?...? वह कार्यक्रम यह है कि सायंकाल को कीर्तन किया जाए। पुराने कीर्तनों और हमारे कीर्तनों में थोड़ा फर्क है...
- सायंकाल की संध्या और प्रातःकाल की संध्या में क्या करें?...? क्या करना चाहिए, क्या विचार करना चाहिए? आपको इन दोनों समयों में आत्मबोध और तत्त्वबोध की साधना करनी च...
- सारा आप ही खा जाएँगे क्या?...? वह बोला—नहीं, यह तो मेरे लिए ही है। नहीं साहब! हमारे लिए भी है। उन्होंने झट अपनी झोली में से एक दाना...
- सारा गाँव कहता बदमाश कहीं का, काम नहीं करेगा तो क्या करेगा?...? जाट ने कहा—इस गाँव में नहीं रहूँगा कहीं और चला जाऊँगा। जाट गाँव से निकल गया और साधू हो गया—महात्मा ह...
- सारा जनमानस, सारे विश्व का मानव संप्रदाय विनाश के जिस कगार पर खड़ा हुआ है, जो अग्नि में धधक रहा है, सुलग रहा है, झुलस रहा है, उस पर पानी कौन डालेगा?...? उसको शीतलता कौन देगा? बेटे, शीतलता देने की बारी जो आती है, वह आपके साहित्य की और आपकी है।...
- सारा दिमाग उसमें लगा रहता है फिर भगवान का भजन कब करते हैं?...? हाँ साहब! सबेरे उठते तो हैं, पर क्या करें? भजन में मन बिलकुल नहीं लगता। बेटे! दो जगह मन नहीं लग ...
- सारा पैसा किसमें खरच हो जाता है?...? खरच होने का एक ही तरीका था और उसका नाम था ढकोसला। आदमी इतना बड़ा और ढकोसला कितना बड़ा? यह क्या है? '...
- सारा विश्व अज्ञान के अन्धकार में डूबा हुआ; भ्रम के जंजाल में फँसता हुआ और अपना वक्त और अपना समय बरबाद करता हुआ; अध्यात्म को बदनाम करता चला जाता है और शिकायत करता हुआ चला जाता है कि हमने भगवान् का नाम लिया था, पूजा की थी, खुशामद की थी, मिठाई खिलायी थी, चावल खिलाया था, धूपबत्ती खिलायी थी, आरती जलायी थी, और हमें कोई फायदा नहीं हुआ, कैसे हो सकता है फायदा?...? फायदा होना चाहिए। उसका लाभ उठाने के लिये आदमी को अपने जीवन में आध्यात्मिकता का समावेश करना होगा। जीव...
- सारा विश्व इस इंतजार में बैठा हुआ है कि नई फिजा, नई दिशा, नई रोशनी, नया जमाना, नया युग और नई व्यवस्थाएँ लाने के लिए, मार्गदर्शन करने वाला कौन आदमी है, जो दुनिया को नया रास्ता दिखाएगा?...? मित्रो! अब हमारी उन आदमियों में से गणना की जाती है। अभी आपने मार्च की अखण्ड ज्योति में से एंडरसन की ...
- सारा विश्व ब्रह्माण्ड जो फैला हुआ है यह वास्तव में भगवान् का विराट रूप है कही आँखें हैं उसकी, कहीं कान है, कहीं क्या है, कहीं क्या है?...? विराट रूप की तस्वीर कभी आपने देखी होगी यह सारा संसार विराट है। इस विराट की सेवा करने के लिये इस वि...
- सारी की सारी उस कम्पनी ने, कमेटी ने फैसला कर लिया कि हम दुनिया को बताते हैं कि रामराज्य कैसे को सकता है?...? रामराज्य कैसे आया? मित्रो! रामराज्य का बीज अयोध्या में बोया गया और वह भी एक छोटे से खानदान में। कैसे...
- सारी की सारी रामायण इसी बात पर लिखी हुई है कि एक गृहस्थ को आदर्श गृहस्थ कैसे बनाया जा सकता है?...? राम ने भरत जी के लिए त्याग किया और भरत ने राम जी के लिए त्याग किया। कौशल्या ने कहा कि पिता की आज्ञा ...
- सारी जिन्दगी दुखियारों के लिए, पीड़ितों और पतितों के लिए निछावर कर देने वाले बाबा साहब आप्टे को आप क्या कहेंगे?...? आप चाहें तो शंकर भगवान कह सकते हैं। नहीं साहब! शंकर भगवान तो वहाँ रहते हैं। बेटे! वे कहीं नहीं रहते,...
- सारी जिन्दगी भर की हमारी कमाई क्या है?...? बेटे! हमारी कमाई इतनी कीमती है, जिसको हम किसी को देना नहीं चाहते। इसे हम अपनी छाती से लगाकर रखते हैं...
- सारी जिन्दगी में उनने क्या क्या किया?...? शंकराचार्य के इतिहास को देखिए कि उनने जिन्दगी भर क्या किया? ऋषियों में से प्रत्येक का इतिहास देखिए। न...
- सारी जिन्दगी में उनने क्या-क्या किया?...? शंकराचार्य के इतिहास को देखिए कि उनने जिन्दगी भर क्या किया? ऋषियों में से प्रत्येक का इतिहास देखिए। न...
- सारी दुनिया को हरा बनाने के लिए कितना रुपया चाहिए?...? फिलहाल बेटे! तू मुझको सौ करोड़ रुपये दे दे, जिससे हम पेंट मँगा लें और सारी सड़कों और दीवारों की रंगा...
- सारी दुनिया को हरा बनाने के लिए कितना रुपया चाहिए?...? फिलहाल बेटे! तू मुझको सौ करोड़ रुपए दे दे, जिससे हम पेंट मँगा लें और सारी सड़कों और दीवारों की रँगाई ...
- सारी दुनिया में एक ही तरह का भगवान् हो सकता है, अनेक तरह का कैसे हो सकता है?...? तो क्या अनेक तरह के भगवान् नहीं हो सकते? बेटे! हमें विश्वास नहीं कि अनेक तरह के भगवान् होते हैं। हमा...
- सारी दुनिया में पहाड़ों की कोई कमी है क्या?...? उत्तराखण्ड इसी वजह से प्रख्यात हुआ है कि इसमें चारों धाम भी बने हैं। पाँच प्रयाग भी इसमें हैं। पाँच ...
- सारी दुनिया में पहाड़ों की कोई कमी है क्या?...? उत्तराखण्ड इसी वजह से प्रख्यात हुआ है कि इसमें चारों धाम भी बने हैं। पाँच गुप्त काशियाँ भी हैं। पाँच...
- सारी मनुष्य जाति के इतिहास में हम एक कमाल करने जा रहे हैं तो क्या चीज हैं ये?...? अनुदान हैं हमारे। हमको बहुत शानदार अनुदान मिले हैं, ऐसे कि सारे इनसान के लिए, इनसानी समाज के लिए, इन...
- सारी रीति ही उलटी है?...? उठे को गिराना, गिरे को कुचलना, कुचले को मसलना, यही रह गया है। आज मनुष्य और पशु में भेद आचार-विचार की...
- सारी सफाई के बावजूद हुआ क्या?...? शरीर तो साफ हो गया न, तो ज्यादा-से-ज्यादा क्या होगा? शरीर की बीमारियाँ नहीं होंगी। ठीक है, आप अच्छी ...
- सारी-की घटना क्या बताती है?...? घड़े में खून इकट्ठा करने पर बच्चा निकलता है? हमें नहीं मालूम है और हमको इस पर बात नहीं करनी। अगर आप श...
- सारे का सारा माँस का बना हुआ टुकड़ा, परों का बना हुआ टुकड़ा, बालों का बना हुआ टुकड़ा—कौन?...? पतंगा। उसने दीपक से कहा—देख मैं अपने को तुझे समर्पित करता हूँ और पतंगा उसकी ओर बढ़ता हुआ चला गया। लोग...
- सारे कारोबार चलाते हैं, फिर आत्मविस्मृत कहाँ हुए?...? अस्वीकार करना भी कठिन है क्योंकि वस्तुतः हम ईश्वर के अंश हैं, महान मनुष्य जन्म के उपलब्धकर्त्ता हैं ...
- सारे कारोबार चलाते हैं, फिर आत्मविस्मृत कहाँ हुए?...? अस्वीकार करना भी कठिन है क्योंकि वस्तुत: हम ईश्वर के अंश हैं, महान मनुष्य जन्म के उपलब्धकर्त्ता हैं ...
- सारे के सारे चमत्कार ये चेतना के हैं, जमीन की सफाई से लेकर सभ्यता, संस्कृति और वाहन और विज्ञान सब किसका है?...? ये आदमी की चेतना का चमत्कार है। तू समझता क्यों नहीं है। चेतना को अगर सँवारा जा सके, चेतना को अगर सँज...
- सारे के सारे चमत्कार ये चेतना के हैं, जमीन की सफाई से लेकर सभ्यता, संस्कृति और वाहन और विज्ञान सब किसका है?...? ये आदमी की चेतना का चमत्कार है न, तू समझता क्यों नहीं है? चेतना को अगर सँवारा जा सके, चेतना को अगर स...
- सारे के सारे देश में अज्ञान?...? अध्यात्म के नाम पर अज्ञान? अध्यात्म तो अज्ञान के निवारण करने के लिये बनाया गया था। ये क्या आफत आ गई,...
- सारे के सारे राक्षसों का विनाश एवं लंका का दहन करने के लिए सीता जी की जिम्मेदारी है और उधर महाभारत में किसकी जिम्मेदारी है?...? द्रौपदी की जिम्मेदारी है। दोनों महिलाएँ यज्ञ में से उत्पन्न हुई हैं। वे यज्ञ की अनुकृतियाँ थीं। यज्ञ...
- सारे के सारे शिक्षण को आपने देखा?...? हमने कर्मकाण्ड कराये, यज्ञोपवीत पहनाया और आपको याद दिलाया कि आपके जीवन का मकसद, आपके जीवन का लक्ष्य ...
- सारे गायत्री परिवार के चौबीस लाख परिवारों के बच्चों को पढ़ाने की हैसियत तो हमारी नहीं है, पर हम एक ‘मॉडल’ खड़ा करना चाहते हैं कि बच्चों का शिक्षण कैसे होना चाहिए?...? राम और लक्ष्मण को विश्वामित्र माँगकर लाए थे। हम भी गायत्री परिवार के विशाल परिवार के सदस्यों से उनके...
- सारे दिन इधर बैठे गए, ये कर लिया, वो कर लिया, ऐसे ढीले-पोले मन से, बेगार भुगतने के तरीके से कोई काम करने के बाद में उसका कोई पूरा परिणाम निकलता है क्या?...? नहीं, आप यहाँ से आलस्य-प्रमाद को छोड़ जाना। आप यहाँ से मेहनतकश और परिश्रमशील और कर्मयोगी बनकर जाना। ...
- सारे दिन इधर-उधर बैठ गए, ढीले-पोले मन से, बेगार भुगतने की तरह काम करने के बाद उसका कोई परिणाम निकलता है क्या?...? नहीं। आप आलस्य-प्रमाद को यहाँ छोड़कर जाना और मेहनतकश परिश्रमशील और कर्मयोगी बनकर जाना तो बहुत अच्छा ...
- सारे दिन रामायण पाठ, गीता पाठ, भागवत् पाठ, सत्संग पाठ, ये पाठ, वो पाठ करेंगे?...? नहीं बेटे, यह सब बन्द करें। जो कुछ करना है, उसे धारण करें, ध्यान करें। हृदयंगम करें। व्यवहार में ...
- सारे देश में, सारे देश में चीत्कार फैली हुई है, जो भयावह है वह आग, इसे मैं आग के सिवाय और कुछ नहीं कहती, इसका निवारण कौन करेगा?...? इसका निवारण वह ब्राह्मण करेगा जिसके अन्दर करुणा है, सम्वेदना है, वही कर सकता है। अन्यथा कोई नहीं कर ...
- सारे मंगल ग्रह में नौसादर ही है?...? हाँ बेटे! अमोनिया में कुल्ला करते हैं, अमोनिया में नहाते हैं। तो महाराज जी! अमोनिया में नहानेवाला जि...
- सारे युग का नव-निर्माण कैसे हो?...? यह हमारी बुद्धि ने सोचा है व करेगी।चौथी सम्पत्ति—हमारा धन। धन कहाँ है आपके पास? धन हमने तो कमाया ही ...
- सारे विश्व का क्या स्वरूप होने वाला है?...? भविष्यवाणी कीजिये। भविष्य बताइये? बेटे, हम यूटोपिया के लेखक तो नहीं हैं कि भविष्य बताते फिरें पर चलि...
- सारे विश्व का मालिक कौन है?...? भगवान। यह उसी का तो सामान है जिससे उन्होंने दुनिया को बना दिया। यहाँ जो कुछ भी वैभव आप देखते हैं, वह...
- सारे विश्व के कल्याण के अतिरिक्त चिन्तन में उनको कुछ भी नजर नहीं आता कि घर-परिवार कहाँ है?...? यह सारा विश्व हमारा परिवार है। विश्व मानव यही हमारा परिवार है, यही हमारा घर है, यही हमारा भाई है, यह...
- सारे विश्व को जब से यह जमीन बनी है, तब से लेकर के भारतवासी लोगों को क्या-क्या सिखाते रहे हैं, क्या-क्या देते रहे हैं?...? हिन्दुस्तान की पौराणिक पुस्तकों से ही नहीं वरन् सारे संसार के शिलालेखों से लेकर अन्यान्य पुस्तकों से...
- सारे संसार भर को?...? थोड़े-से आदमियों को तो करा सकते हैं, पर एक पैसे में सारे संसार भर को भोजन कैसे कराया जाए? उन्होंने कह...
- सारे संसार में इतने बड़े क्षेत्र में फैले हुए भगवान को आप कपड़ा कैसे पहनाएँगे?...? नहीं साहब! हम भगवान को खाना खिलाएँगे, भोग लगाएँगे। खबरदार! अगर आपने बेकार की बातें की तो? अरे साहब! ...
- सारे समाज को एक कुटुम्ब क्यों नहीं माने?...? चन्द आदमियों को ही कुटुम्ब क्यों माने? इस तरीके से ये संकीर्णता की भावना को मोह कहते हैं और ये काम, ...
- सारे हिन्दुस्तान में चक्कर काटते हैं, कब?...? अब काटते हैं। जिन्होंने उस समय काम किया है और समय निकल जाने पर फिर अब कोई यह कहे कि हमको ऐसा अवसर मि...
- सारे-का-सारा समय लोग बाँधे बैठे रहते थे, फिर भी उनका समय कैसे बच जाता था, आपका क्यों नहीं बचता?...? आप भी बचा सकते हैं। आप उसमें से टाइम निकाल लीजिए।
युग की यही पुकार
बेटे! आप तो हमारे लिए इनसे ...
- सार्वजनिक स्थानों पर लोग किस प्रकार गन्दगी फैलाते हैं?...? (५) मनुष्यता की आरम्भिक शिक्षा क्या है? (६) ईश्वर भक्त से भी पहले नागरिक मर्यादाओं एवं जिम्मेदारियों...
- सार्वभौम सन्तुलन तो बन ही कैसे पड़े?...? वायु प्रदूषण, अहंकार, अनाचार अपने-अपने ढंग से, अपने द्वारा किये जाने वाले महाविनाशों की चेतावनी दे र...
- सावित्री किस हिस्से को कहते हैं?...? सावित्री उसे कहते हैं जो विज्ञान वाला भाग है। वैज्ञानिक प्रयोग के लिए सावित्री का महत्त्व है।...
- सावित्री किस हिस्से को कहते हैं?...? सावित्री उसे कहते हैं, जो विज्ञान वाला भाग है। वैज्ञानिक प्रयोग के लिए सावित्री का महत्त्व है।...
- सावित्री किसे कहते हैं?...? यह बेटे! गायत्री का नाम है और सत्यवान माने चरित्रवान। अगर आदमी चरित्रवान है तो गायत्री माता उसकी स्व...
- सावित्री ने उसको रोका और पूछा लकड़हारे तुम कौन हो और कैसे हो?...? उसने कहा लकड़हारा तो इस समय पर हूँ पर पहले लकड़हारा नहीं था। हमारे माता पिता अन्धे हो गए हैं। यहाँ जं...
- सावित्री ने उसको रोका और पूछा लकड़हारे तुम कौन हो और कैसे हो?...? उसने कहा—लकड़हारा तो इस समय पर हूँ, पर पहले लकड़हारा नहीं था। हमारे माता-पिता अन्धे हो गए हैं। यहाँ ...
- सावित्री ने कहा --तुम कुछ और नहीं कर सकते क्या?...? पैसा नहीं कमा सकते? पैसे कमा करके हम क्या करेंगे? कर्तव्यों का वजन हमारे ऊपर रखा है। पहले कर्तव्यों ...
- सावित्री ने कहा—तुम कुछ और नहीं कर सकते क्या?...? पैसा नहीं कमा सकते? पैसा कमा करके हम क्या करेंगे? कर्तव्यों का वजन हमारे ऊपर रखा है। पहले कर्तव्यों ...
- सावित्री बेटे गायत्री का ही दूसरा नाम है और सत्यवान?...? सत्यवान उसे कहते हैं, जिस साधक ने अपना जीवन समय के लिए सिद्धान्तों के लिए अर्थात आदर्शों के लिए समर्प...
- सावित्री बेटे गायत्री का ही दूसरा नाम है और सत्यवान?...? सत्यवान उसे कहते हैं, जिस साधक ने अपना जीवन समय के लिए, सिद्धान्तों के लिए अर्थात् आदर्शों के लिए सम...
- सास के पास हैं?...? सास तो उससे भी ज्यादा फूहड़ है। अपनी बेटी बहू को कहाँ से देगी वह संस्कार? इसीलिए समय की आवश्यकता को द...
- सास क्या होती है?...? देवर किसे कहते हैं? बच्चे किसे कहते हैं? अमुक बात कैसी होती है? मेहमान किसे कहते हैं? अतिथि घर में क...
- सास क्या होती है?...? देवर किसे कहते हैं? बच्चे किसे कहते हैं? अमुक बात कैसे होती है, मेहमान किसे कहते हैं? अतिथि घर में क...
- साहब आप पैसा क्यों माँगते हैं?...? जिस लड़की को योग्य बनाया, जो बी.ए., एम.ए. पास है। आप उसके पिता से पैसा माँगते हैं, लानत है आपको।...
- साहब एक रुपए में रोटी कैसे मिलेगी?...? आप तो जानते ही है कि आजकल तीन रुपए में थाली मिलती है। एक रुपए में पेट नहीं भरेगा। अच्छा मुनीम जी इनक...
- साहब एक रुपये में रोटी कैसे मिलेगी?...? आप तो जानते ही हैं कि आजकल तीन रुपये में थाली मिलती है। एक रुपये में पेट नहीं भरेगा। अच्छा मुनीम जी ...
- साहब क्या खाकर आए?...? पेड़े खाकर आए, लड्डू खाकर आए, अच्छा ठीक और एक खुशी वो होती है कि आप सिनेमा देखकर आए। ये कौन-सी खुशिय...
- साहब क्या खाकर आए?...? पेड़े खाकर आए, लड्डू खाकर आए, अच्छा ठीक और एक खुशी जो होती है कि आप सिनेमा देखकर आए। ये कौन सी खुशिय...
- साहब ये क्या फर्क है?...? सेठ जी वही हैं, लड़के वही हैं। दोनों बाहर के थे, पर दोनों में फर्क था। क्या फर्क था? ये लड़का जो पीछ...
- साहब ये क्या फर्क है?...? सेठ जी वही हैं, लड़के वही हैं। दोनों बाहर के थे, पर दोनों में फर्क था। क्या फर्क था? ये लड़का जो पीछे ...
- साहब हम तो धक्के मारेंगे, काहे में धक्के मारेंगे?...? भगवान जी को धक्के मारेंगे और सबसे पहले वरदान ले आएँगे। धक्केशाही नहीं चलेगी अब, लाइन में खड़ा हो, ‘क्...
- साहब, प्राण दिखायी तो नहीं पड़ता, कितना शक्तिशाली है मालूम नहीं पड़ता?...? कितना ज्ञानवान है मालूम नहीं पड़ता, कितना चरित्रवान है मालूम नहीं पड़ता। आँखों से मालूम नहीं पड़ सकता, ...
- साहब, यह कलेवर और प्राण का क्या चक्कर है?...? कलेवर और प्राण का बेटे चक्कर है। कैसे चक्कर है? कलेवर का चक्कर यह है कि माँ के पेट में जब बच्चा आता ...
- साहब, शरीर ही है, जो मिट्टी-पानी का बनता है, तो आप मिट्टी-पानी के रामचंद्र जी को देखना चाहते हो?...? हाँ साहब, मिट्टी-पानी के रामचंद्र जी को देखना चाहते हैं।...
- साहस न जागे, जरा भी साहस न जगे कि हमको समाज व देश में कुछ करना भी है क्या?...? आपको उठना चाहिए। यह समय की पुकार है, समय की यह आवश्यकता है, जो कि आपको आगे बढ़ना चाहिए, गुरुजी की भी...
- साहसिकता हिम्मत को कहते हैं, जिसके सहारे नेपोलियन जैसा दो कौड़ी का आदमी कहाँ से कहाँ जा पहुँचा था?...? कोलम्बस जैसा दो कौड़ी का आदमी अमेरिका जा पहुँचा और सारे यूरोपियनों द्वारा अमेरिका पर कब्जा कराने के ल...
- साहित्य और विज्ञान का कैसे समन्वय हो?...? दोनों में बहुत मित्रता थी। दोनों ने यह निश्चय किया कि इस विषय के ऊपर वे खूब खुलकर बातचीत करेंगे, बहु...
- साहित्य की आज कहीं कमी है?...? जितनी पत्र-पत्रिकाएँ आज प्रकाशित होती हैं, जितना साहित्य नित्य विश्व भर में छपता है, उस पहाड़ के समान...
- साहित्य के कितने लोग हैं?...? संसार में साहित्यकार की बड़ी शक्ति होती है। प्रेस भी उसमें शामिल हैं, पुस्तक लेखक भी शामिल है, दार्शन...
- साहित्य जो हमने लिखा है व वेद-पुराण आदि का भाष्य किया है, इससे अन्दाज मत लगाइये कि हम कितने बुद्धिमान हैं?...? यह देखिए कि हमारी बुद्धि कितनी बड़ी-बड़ी सार्थक योजनाएँ बनाती है, किस दिशा में चलती है? सारे युग का नव...
- साहित्यकार एवं वैज्ञानिकों में क्या विशेषता होती है?...? कुछ भी नहीं। बस ये विचारों को एकत्र करते हैं-मन की शक्ति से। सर्कस में काम करने वाली लड़कियों में ब...
- साढ़े तीन सौ रुपये की हाथ से चलने वाली मशीन से कोई जमाने को बदलने वाली पत्रिका भी छप सकती है क्या?...? सबने कहा क्यों पैसा नष्ट करते हो? कुल एक हजार का छापाखाना। काम करने वाले तीन आदमी। हाथ से बना कागज।...
- साढ़े बारह परसेंट देगा?...? और साढ़े- छियासी परसेंट तू खा जा। इतना तो देगा कि इतना भी नहीं देगा? हाँ महाराज जी। इतना तो दे दूँग...
- साढ़े सात सौ सीढ़ियाँ दो-चार मिनटों में कैसे तय की जा सकती हैं?...? अतः सबने एक स्वर से उन्हें चमत्कारी बाबा ही माना, जो ऐन वक्त पर अपने शिष्यों की रक्षा हेतु प्रकट हुए...
- सिंगापुर में चले गये और वहाँ के जंगली लोगों को यह सिखाया कि हुकूमत किसे कहते हैं?...? शासन किसे कहते हैं? समाज किसे कहते हैं? शादियाँ किसे कहते हैं? कपड़ा किसे कहते हैं? सारी दुनिया के जं...
- सिंहनी कहाँ थी?...? वह तो हिप्नोटिज्म से एक सिंहनी खड़ी कर दी थी। शिवाजी का संकल्प दृढ़ था। वे ले आए सिंहनी का दूध व अक्षय...
- सिंहनी का दूध लेने के लिए जब शिवाजी गए, तो सिंहनी ने कहा—मैं तुझे खा जाऊँ तब?...? उन्होंने कहा आप में कोई ताकत नहीं है, जो आप खा सकती हो। क्यों? इसलिए कि मेरे गुरुजी साथ चल रहे हैं। ...
- सिकन्दर की मनोकामना कही पूरी हुई?...? नेपोलियन बोनापोर्ट की कहीं पूरी हुई? हिरण्यकश्यपु ने अपनी मनोकामना पूरी कर पाई? न कर पाई। आप तो बेका...
- सिक्कों का आदान-प्रदान करने के पश्चात् प्रशिक्षक बालकों से पूछता है कि ‘अब कौन धनी बना?...? ’
बालक- दोनों के पास पहले भी एक रुपया था और अभी भी एक ही रुपया है।
प्रशिक्षक- इसका अर्थ कोई भी धनी ...
- सिखाया, सधाया और कैद करके रखा गया सिंह, सरकस वालों के लिए लाभदायक हो सकता है पर यदि उस प्राणी से पूछा जाय कि आपको इस निश्चिन्त और सुविधा सम्पन्न स्थिति में, वन प्रदेश में रहकर पेट पालने के झंझटों में उलझे जीवन की तुलना में अच्छा लगता है या बुरा?...? तो उसका उत्तर कटघरा खोलकर पूछा जा सकता है। वह मूक प्राणी अपनी आन्तरिक अभिलाषा का परिचय पिंजड़े से नि...
- सिगरेट के बण्डल खाली करते रहते हैं, आपको शरम नहीं आती?...? आपको ख्याल नहीं आया कि हमारी बहन के घर में कैसी मुसीबतें हैं। उसके गुजारे का कोई साधन नहीं है। आपने ...
- सिद्ध कीजिए (९) सिद्ध कीजिए कि शकुन, मुहूर्त, कुण्डली, राशिफल, मनुष्य को भयभीत व कमजोर बनाते हैं?...? (१०) असफलता का मूल कारण क्या है? ज्ञानयोग, कर्मयोग, भक्तियोग की महान साधना आत्मा और परमात्मा को जोड़ ...
- सिद्ध कीजिये पुराने समय के लोगों के आधार पर?...? (२) प्राचीनकाल में शिक्षा का क्या महत्त्व था? (३) आज कैसा व्यवहार हो रहा है शिक्षा तथा यज्ञोपवीत कैस...
- सिद्ध पुरुष क्या करते हैं?...? ऐसा झपट्टा मारते हैं और झपट्टा मारने के बाद इस तरीके से कैद कर लेते हैं कि व्यक्ति निकल नहीं सकत...
- सिद्धान्त के बिना क्या टिकाऊपन होता है?...? उनके यहाँ छह महीने के बाद नई बीबी, नया पति होता रहता है। उन्होंने कुटुँब-परिवार का सर्वनाश कर दिया ह...
- सिद्धान्तों के प्रति, जिनकी आप हर वक्त दुहाई देते रहते हैं, उनका रक्षण करने के लिए लोभ का दबाव, मोह का दबाव आप मानते हैं कि नहीं?...? इनसान के बाहर वाले हिस्से पर पड़ने वाले दबाव तो कई हो सकते हैं, लेकिन भीतर वाले हिस्से पर बस दो ही द...
- सिद्धान्तों के प्रति, जिनकी आप हर वक्त दुहाई देते रहते हैं, उनका रक्षण करने के लिए लोभ का दबाव, मोह का दबाव आप मानते हैं कि नहीं?...? इनसान के बाहर वाले हिस्से पर पड़ने वाले दबाव तो कई हो सकते हैं, लेकिन भीतर वाले हिस्से पर बस दो ही दब...
- सिद्धान्तवादी तो है पर हिम्मत इसमें है कि नहीं?...? हिम्मत तो नहीं है। हिम्मत नहीं है तो बेकार है इसका सिद्धान्तवाद और बेकार है मतवाद। ये तो मरा हुआ आदम...
- सिद्धान्तवादी हो सकते हैं?...? आदर्शवादी हो सकते हैं?
अष्टावक्र ऋषि आठ जगह से कुबड़े—टेढ़े थे। एक बार वे राजा जनक की सभा में गये। ...
- सिद्धान्तों और आदर्शों के लिए जीने वाले का स्वरूप क्या होना चाहिए?...? बेटे एक स्वरूप बता सकता हूँ कि एक बात जिस आदमी के भीतर हो, समझना चाहिए कि वह आदमी मनस्वी है और वह भग...
- सिद्धियाँ कितनी होती हैं?...? यह आठ होती हैं, लेकिन ये अष्ट सिद्धियाँ और नौ ऋद्धियाँ मेरी समझ में नहीं आतीं। मेरी समझ में तो तीन स...
- सिद्धियाँ कितनी होती हैं?...? यह आठ होती हैं, लेकिन ये अष्ट सिद्धियाँ और नौ ऋद्धियाँ मेरी समझ में नहीं आती। मेरी समक्ष में तो तीन ...
- सिद्धियाँ तो मिलेंगी आपको, लेकिन कितने की मिलेंगी?...? जितने कीमत की आपकी धूपबत्ती है। जितने कीमत की आपकी सड़ी सुपारी है। जितने कीमत का आपका अक्षत है। ...
- सिद्धियों की उनमें कमी आ गई?...? नहीं। चमत्कार में कोई कमी आ गई? नहीं आई। मनुष्य के गौरव-गरिमा में कोई कमी आ गई? नहीं, कोई कमी नहीं आ...
- सिद्धियों की उनमें कमी आ गई?...? नहीं। चमत्कार में कोई कमी आ गई? नहीं आई। मनुष्य के गौरव-गरिमा में कोई कमी आ गई? नहीं, कोई कमी नहीं आ...
- सिद्धियों की बाबत आपको जानकारी है?...? नहीं, आप तो सिद्धियों को बाजीगरी समझते हैं और बाजीगरों को सिद्धपुरुष समझते हैं।
बाजीगरी नहीं हैं ...
- सिनेमा कितना काम कर रहा है?...? सिनेमा संसार के चौथाई जनता को प्रभावित कर रहा है। एक चौथाई जनता को इच्छानुसार ढाल रहा है बुरा या भला...
- सिपाही जब लड़ने के लिए जाता है, तो सरकार उसके एवं उसके बच्चों के लिए क्या-क्या प्रबन्ध करती है, आपने देखा नहीं है?...? कपड़े का, आजीविका का, खाने का प्रबन्ध करती है तथा मरने के बाद पेन्शन की व्यवस्था करती है। सरकार कौन? ...
- सिपाही हुक्म दे और कप्तान चले तब?...? तब बेटे! मिलिट्री का सर्वनाश हो जाएगा, सत्यानाश हो जाएगा। सारे के सारे सिपाहियों में से कोई क्या कहे...
- सिर और हाथ क्या है?...? मिट्टी के हैं और क्या कर रहा था? मुँह में पानी डाल रहा था और आरती उतार रहा था और ये दिखाना जरा! आरती...
- सिर काटना तो मेरे ख्याल से ऋषि के लिए क्या सम्भव रहा होगा?...? यह कथन तो आलंकारिक मालूम पड़ता है। दिमाग बदल जरूर दिए होंगे। दिमाग बदलने के लिए विचार क्रान्ति की दृष्...
- सिर काटना तो मेरे ख्याल से ऋषि के लिए क्या सम्भव रहा होगा?...? यह कथन तो अलंकारिक मालूम पड़ता है। दिमाग बदलने के लिए विचार-क्रान्ति की दृष्टि से हम लगभग वही काम कर ...
- सिर काटने से मतलब?...? सिर काटना तो मेरे ख्याल से ऋषि के लिए क्या सम्भव रहा होगा? यह कथन तो आलंकारिक मालूम पड़ता है। दिमाग बद...
- सिर काटने से मतलब?...? सिर काटना तो मेरे ख्याल से ऋषि के लिए क्या सम्भव रहा होगा? यह कथन तो अलंकारिक मालूम पड़ता है। दिमाग ब...
- सिर पर छाई अवाँछनीयता को उतार फेंकना किसी के लिए भी कठिन क्यों होना चाहिए?...? ‘सादा जीवन—उच्च विचार’ वाला उपक्रम अपनाने से किसी पर क्या इतना बोझ लदता है, जिसे कठिन या असम्भव माना...
- सिर में घुसे हुए जुएँ आपको किस तरीके से हैरान नहीं करेंगे?...? चूहे आपका सारा अनाज खा के खत्म कर देंगे; फिर पिस्सू और कीटाणु, जो आपके शरीर में घुस जाते हैं और तपेद...
- सिर में से कितने जुएँ निकले?...? पाँच। ये पाँच जुएँ क्या होते हैं? ये पाँच बच्चे हैं। जुएँ और बच्चे की बात एक ही होती है—बिल्कुल एक ह...
- सिर में से गंगाजी निकल सकती हैं?...? बेटे, मेरे ख्याल से तो नहीं निकल सकती, क्योंकि किसी के सिर में से गंगा जी निकलेंगी, पानी बहेगा, तो...
- सिर्फ एक ही चीज चाहते हैं कि उस भगवान की दुनिया को सुंदर और समुन्नत बनाने के लिए, खुशबूदार बनाने के लिए आप क्या कुछ कर सकते हैं?...? साहब! हम क्या कर सकते हैं? इस दुनिया को सुन्दर बनाने के लिए आप बहुत कुछ कर सकते हैं। आपके पास पैसा...
- सिवाय निराश के, तो आपको क्या मिलेगा?...? आप छाया के पीछे, माया के पीछे बेतहाशा दौड़ रहे हैं और आपको अब तक नाउम्मीदी ही रही है; क्योंकि छाया तब...
- सिस्टर निवेदिता, एनीबेसेंट कहाँ पैदा हुई?...? योरोप में पैदा हुईं। उन्होंने देखा कि हिन्दुस्तान में महिलाओं की स्थिति गिरी हुई है। महिलाओं की जो ...
- सींग क्या मारेगा?...? बन्दूक क्या मारेगी? बन्दूकों के बिना, सींगों के बिना आदमी को तहस-नहस करते हैं। हम चाहें, तो आदमी को मट...
- सींग तो साहब गाय के होते हैं, तो गाय हो गई राक्षस?...? अरे महाराज जी! आप क्या उलटी-पुलटी बात कह रहे हैं। हाँ बेटे! मैं उलटी बात कहकर यह समझा रहा हूँ कि यह ...
- सींग तो साहब गाय के होते हैं, तो गाय हो गई—राक्षस?...? अरे महाराज जी! आप क्या उलटी-पुलटी बात कह रहे हैं। हाँ बेटे! मैं उलटी बात कहकर यह समझा रहा हूँ कि यह ...
- सीता की खबर मैं किस तरीके से लगाऊँ?...? जिस तरीके से जामवंत ने कहा- ‘‘हनुमान! आपको अपने बल का ज्ञान नहीं है। आप छलाँग तो लगाइए।’’ उसी तरीक...
- सीता के बेटे अगर आप बन जाएँ, तो क्या हर्ज है आपको?...? नहीं, कुछ हर्ज नहीं होगा आपका। आप अगर ऐसी मनःस्थिति बना लें, तो आपको अपनी गौरव-गरिमा का भान होगा और ...
- सीता क्या थी?...? ऋषियों की सामूहिकता का प्रतीक थी। दुर्गा का अवतार क्या था? देवताओं की सामूहिक शक्ति को इकट्ठा करके...
- सीता जी हमारे सामने आएँ तो क्या हम गन्दी आँखों से उन्हें देखेंगे?...? हाय! हम अपनी माँ को गन्दी आँख से कैसे देख सकते हैं? दुर्गा—अम्बाजी नवरात्र में हमारे सामने सयानी लड़की...
- सीता राक्षसों के मुँह में से कैसे निकलेगी?...? चारों ओर समुद्र घिरा हुआ है। उस समुद्र को कौन पार करेगा? रावण कितना जबरदस्त है? राक्षस कितने जबरदस्त...
- सीता राक्षसों के मुँह में से कैसे निकलेगी?...? चारों ओर समुद्र घिरा हुआ है। उस समुद्र को कौन पार करेगा? रावण कितना जबरदस्त है? राक्षस कितने जबरदस्त...
- सीता वापस आ जाएगी?...? हाँ, सीता वापस आ जाएगी। युग बदल जाएगा? जरूर बदल जाएगा। हमारे बिना भी बदल जाएगा? मैं आपको यकीन दिलाता...
- सीता वापस आ जाएगी?...? हाँ सीता वापस आ जाएगी। युग बदल जाएगा? जरूर बदल जाएगा। हमारे बिना भी बदल जाएगा? मैं आपको यकीन दिलाता ...
- सीताजी और राम वनवास में रहते थे—वह उनकी सहकर्मी थीं और गाँधीजी, कस्तूरबा रहते थे—वह भी सहकर्मी थीं, तो आप ऐसा क्यों नहीं कर सकेंगे?...? रामकृष्ण परमहंस और उनकी धर्मपत्नी शारदामणि जी साथ-साथ रहे, सारे जीवनभर रहे; लेकिन कभी उन्होंने एक-दू...
- सीधी बात क्यों नहीं कहते?...? जी साहब! हम भगवान की भक्ति चाहते हैं। भगवान को क्यों लपेट में लेना चाहते हैं? बेकार में भगवान को भी ...
- सीधे कहिए न कि हिन्दू धर्म से क्या फायदा है?...? हिन्दू धर्म में बहुत दिक्कतें हैं। इसमें विवाह-शादी, कन्यादान, लगन, जन्मपत्री, पण्डित-पुरोहित की जरूर...
- सीप के सम्पर्क के दिन क्या मैं भूल जाऊँगा?...? मैं भुला नहीं सका। इस तरह से मैं चाहता हूँ ये चार दिन आपकी जिन्दगी में न भुला देने वाले साबित हों। य...
- सीढ़ियों की ओर चढ़ना था कि दरबान ने रोक दिया-तुम कौन हो?...?
मैं रात्रि में यहाँ विश्राम करना चाहता हूँ।
नीग्रो को ठहरने के लिए इस होटल में कोई स्थान नहीं।
मैं ...
- सुई क्या है?...? सुई—मित्रो! जिसको हम प्रतीक-पूजा कहते हैं। इसके अन्दर जो दवा भरी जाती है। जो सिरिंज लगाई जाती है वो ...
- सुई में कितनी ताकत है?...? सुई में तो बेटे जरा भी ताकत नहीं है, पर परहेज में बहुत है।
अच्छा, अब आप क्या पढ़ा रहे हैं। अब...
- सुई में कितनी ताकत है?...? सुई में तो बेटे जरा भी ताकत नहीं है, पर परहेज में बहुत है।अच्छा, अब आप क्या पढा रहे हैं? अब बेटे हम ...
- सुई लगा दी?...? हाँ। ऑपरेशन आधे घण्टे का काम था, परन्तु विधि को जानने के लिए, पाँच साल लगाए थे।
मित्रो! भगवान का स...
- सुकरात असफल थे कि सफल?...? असफल। भगतसिंह असफल हो गये कि सफल? असफल। झाँसी की रानी लक्ष्मी बाई असफल हो गयी कि सफल? असफल। ऋषि ...
- सुकरात के सम्बन्ध में कहते हैं जब भी वे कोई वस्तु खरीदते या कोई नया साधन जुटाते, तो उसके पहले अपने आप से यह प्रश्न करते कि क्या इस वस्तु के बिना मेरा काम नहीं चल सकता है?...? यदि उत्तर हाँ में मिलता है तो खरीदते अन्यथा उस विचार को छोड़ देते थे। कम साधनों में निर्वाह, गौरव और...
- सुख किसको मिलता है?...? शरीर को मिलता है। बस शरीर को मौज मिलती रहती है। हमारी वासना पूरी होती रहती है, तृष्णा पूरी होती ...
- सुख बड़ा होता है या शाँति?...? पैसे वाला बड़ा होता है या ज्ञानवान? बनिया बड़ा होता है या पण्डित? तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को य...
- सुख बड़ा होता है या शान्ति?...? पैसे वाला बड़ा होता है या ज्ञानवान? बनिया बड़ा होता है या पण्डित? तू किसको प्रणाम करता है-बनिया को या...
- सुख बड़ा होता है या शान्ति?...? पैसे वाला बड़ा होता है या ज्ञानवान? बनिया बड़ा होता है या पण्डित? तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या ...
- सुख हमारा कहाँ है?...? यह नहीं, वरन कल्याण हमारा कहाँ है? कल्याण को देखने की अगर हमारी दृष्टि पैदा हो जाए तो यह कह सकते हैं...
- सुख हमारा कहाँ है?...? लाभ नहीं, वरन् कल्याण हमारा कहाँ है? कल्याण को देखने की अगर हमारी दृष्टि पैदा हो जाए तो यह कह सकते ह...
- सुख- सुविधाओं में शान्ति है?...? नहीं, सुख- सुविधाओं में कोई शान्ति नहीं है। सुख- सुविधाओं में शान्ति रही होती, तो रावण ने शान्ति प...
- सुख-सुविधा की इच्छा के लिए अब मरने के दिनों की गुंजायश भी कहाँ रही?...? शौक-मौज की आयु ढल गई। अब तो कोई और न सही अपना जरा-जीर्ण शरीर भी पग-पग पर असुविधाएँ उत्पन्न करेगा। ऐस...
- सुग्रीव और जामवंत का?...? सुग्रीव और जामवंत का भी योगदान था। और विभीषण का? विभीषण का भी था। विभीषण का योगदान नहीं होता तो यह प...
- सुग्रीव और जामवंत का?...? सुग्रीव और जामवंत का भी योगदान था। और विभीषण का? विभीषण का भी था। विभीषण का योगदान नहीं होता तो यह प...
- सुग्रीव को रामचंद्र जी की सहायता न मिली होती तब?...? तब आप क्या ख्याल करते हैं, राज्य मिल गया होता? उसकी धर्मपत्नी वापस मिल गई होती? उसका बच्चा फिर उसको ...
- सुदामा का नाम सुना है आपने?...? हाँ साहब सुदामा का नाम सुना है हमने। सुदामा जी मालदार हो गए थे। कहाँ से लाए? क्या-क्या उद्योग चलाए थ...
- सुदामा गरीब थे?...? हाँ। चाणक्य गरीब थे? हाँ। दुनिया के सारे के सारे महापुरुष गरीब थे। सबेरे मैं आपसे नानक की बात कह रहा...
- सुदामा जी एक बार माँगने गए थे और सुदामा जी से माँगने से पहले श्रीकृष्ण भगवान ने ये देखा, ये कुछ हमको भी दे पायेंगे कि नहीं?...? उनकी पोटली में चावल रखा हुआ था। चावल रखा हुआ था गए थे माँगने कि इच्छा से। लेकिन उन्होंने कहा चावल हम...
- सुदामा जी ने भक्ति की थी तो श्रीकृष्ण भगवान के पास कौन-सा चावल लेकर के गए थे?...? महाराज जी आप बता दीजिए कि कितना ले जाऊँ तो मैं भी ले जाऊँ। बेटे! तू बासमती का डेढ़ किलो चावल लेकर श्...
- सुधार करने वालों को यह दुनिया चैन से बैठने देगी?...? नहीं बैठने देगी।
शहादत : भगवान की अनन्त कृपा का परिणाम
तीसरा वाला वरदान भगवान किसी ...
- सुधार के प्रसंग में लोग वक्तृता सुनने से कहीं अधिक दिलचस्पी इस बात में लेते हैं कि जो कहा जा रहा है, उसे उपदेशक ने अपने निजी जीवन में किस हद तक अपनाया?...? देश, धर्म, समाज, और संस्कृति का अभ्युदय इसी पर निर्भर है कि इनसे सम्बन्धित व्यक्ति, सम्पर्क में आने ...
- सुधार कैसे करें?...? सुधार में क्या बात करनी होती है? सुधार में रोकथाम करनी पड़ती है। मसलन, आप शराब पीते हैं तो आप बन्द की...
- सुधार कैसे करें?...? सुधार में क्या बात करनी होती है? सुधार में रोकथाम करनी पड़ती है। मसलन आप शराब पीते हैं तो बन्द कीजिए,...
- सुधार कैसे करें?...? सुधार में क्या बात करनी होती है? सुधार में रोकथाम करनी होती है, मसलन आप शराब पीते हैं, तो शराब पीना ...
- सुधार में क्या बात करनी होती है?...? सुधार में रोकथाम करनी पड़ती है। मसलन, आप शराब पीते हैं तो आप बन्द कीजिए। नहीं साहब, हम शराब नहीं पीये...
- सुधार में क्या बात करनी होती है?...? सुधार में रोकथाम करनी पड़ती है। मसलन आप शराब पीते हैं तो बन्द कीजिए, साहब अब हम नहीं पीयेंगे। आप बीड़...
- सुधार में क्या बात करनी होती है?...? सुधार में रोकथाम करनी होती है, मसलन आप शराब पीते हैं, तो शराब पीना बन्द कीजिए। आप बीड़ी पीते हैं, सिग...
- सुधार लेंगे इससे क्या बना, पूरा नहीं करेंगे?...? विद्या को आप नहीं पढ़ेंगे? स्वास्थ्य को सुधारेंगे नहीं, जन सम्पर्क बढ़ायेंगे नहीं, सेवा के लिए कदम ब...
- सुधार लेंगे, इससे क्या बना?...? पूरा नहीं करेंगे? विद्या को आप नहीं पढ़ेंगे? स्वास्थ्य को सुधारेंगे नहीं? जन सम्पर्क बढ़ायेंगे नहीं? स...
- सुनकर मैंने उस स्थान को ध्यान से देखकर कहा, ‘‘वहाँ चल सकते हो?...? ’’ गाइड दुर्गम क्षेत्र कहकर कतराया। कुछ हमारे प्रभाव के कारण एवं कुछ धन के लालच से आग्रह करने पर वह ...
- सुनते ही गुरुजी बहुत नाराजगी भरे स्वर में बोले, ‘‘वहाँ किसके पास छोड़ आया?...? वहाँ कौन है? तुरन्त जा और उसे लेकर आ। मर भी गई होगी तो भी तू उठा लाना, यहाँ हम उसे जिन्दा कर लेंगे। भा...
- सुनते हो कि नहीं श्रद्धा?...? श्रद्धा भी सुनी है कि नहीं? कभी श्रद्धा भी देखी है? श्रद्धा को भी जानते हो? श्रद्धा को भी पूछते हो? ...
- सुनने से क्या मिलेगा?...? धारण करें। धारण करने से मतलब है- हृदयंगम करें, व्यवहार में उतारें। अध्यात्म के जितने भी सिद्धान्...
- सुनहरे ख्वाब देखना नहीं आता?...? सुनहरे सपने सजाना नहीं आता? आप सुनहरे सपना संजोया कीजिए। निराशा के विचार, खीज के विचार, चिन्ता के वि...
- सुनहरे ख्वाब देखना नहीं आता?...? सुनहरे सपने सजाना नहीं आता? आप सुनहरे सपनों से सजा कीजिये। निराशा के विचारों, खीझ के विचारों और चिन्...
- सुनहरे सपने सजाना नहीं आता?...? आप सुनहरे सपना संजोया कीजिए। निराशा के विचार, खीज के विचार, चिन्ता के विचारों से अपने आपको छुड़ा लीज...
- सुनहरे सपने सजाना नहीं आता?...? आप सुनहरे सपनों से सजा कीजिये। निराशा के विचारों, खीझ के विचारों और चिन्ता के विचारों से अपने आप को ...
- सुना तो आपने न जाने क्या-क्या है?...? पर इस सुनने से कुछ फायदा नहीं है। समझने से फायदा तब है, जैसे कि उनकी औरत ने अध्यात्म को समझा ...
- सुना नहीं है?...? सुना होगा; लेकिन जब-जब उन्होंने अपने चाल-चलन को बदल लिया, काम करने के ढंग और तरीके को बदल लिया, तो स...
- सुना है आपने?...? हाँ सुना है। अच्छा चलिये और बताता हूँ आपको। सुदामा का नाम सुना है आपने? हाँ साहब सुदामा का नाम सुना ...
- सुना है न आपने?...? सुना नहीं है? सुना होगा; लेकिन जब-जब उन्होंने अपने चाल-चलन को बदल लिया, काम करने के ढंग और तरीके को ...
- सुनिश्चित है कि लोगों की आस्थाओं को, युग के अनुरूप विचार धारा को स्वीकारने हेतु उचित मोड़ दिया जा सके तो कोई कारण नहीं कि सुखद भविष्य, का उज्ज्वल परिस्थितियों का प्रादुर्भाव सम्भव न हो सके?...? यह प्रवाह बदल कर उलटे को उलटकर सीधा बनाने की तरह भागीरथी कार्य है, किन्तु असम्भव नहीं, पूर्णतः सम्भव...
- सुन्दर, आकर्षक सजी-सँवरी नारी अब तक पुरुष को बाँधती-मोहती और सुरक्षा पाती रही है किन्तु अब भी वह यही सब करती रहे तो प्रगति फिर किसे कहा जाएगा?...? कहने का अर्थ यह नहीं है कि गृह सज्जा और पाक विज्ञान अनावश्यक हैं। उनकी भी उपयोगिता है पर वही तो नारी...
- सुप्रीम सत्ता हमारे भीतर किस तरह से काम करती है?...? आदर्शों के रूप में, आस्थाओं के रूप में, श्रद्धाओं के रूप में हमारे भीतर काम करती है।
आपके भी...
- सुबह हमने एक किलो घी हवन कर दिया था, वह तो आपके पास डिब्बी में जमा करके रखा होगा?...? नहीं, देख लीजिए भाई साहब! हमारे पास कुछ नहीं है। आप तलाशी ले लीजिए। नहीं साहब! आपके पास बैंक में जमा...
- सुबह हमने एक किलो घी हवन कर दिया था, वह तो आपके पास डिब्बी में जमा करके रखा होगा?...? नहीं, देख लीजिए भाई साहब! हमारे पास कुछ नहीं है। आप तलाशी ले लीजिए। नहीं साहब! आपके पास बैंक में जमा...
- सुबह होते ही गुरुजी ने हम तीनों को बुलाया और रावत जी से बोले, तू इस पर नाराज क्यों होता है?...? ये मेरी बड़ी प्यारी बेटी है। इस पर नाराज मत हुआ कर।’’ और बोले, ‘‘जाओ।’’ हम लोग लौट आये।उसी दिन मुझे घ...
- सुभाष बोस को समझ में नहीं आया क्या किया जाये?...? जब भी कोई ऐसा अवसर आता वे पुस्तकों की शरण जाते। विवेकानन्द की पुस्तक खोली, पढ़ने लगे एक स्थान पर लिखा...
- सुभाषचन्द्र बोस कहाँ तक पढ़े थे?...? जहाँ तक आप पढ़े हैं, वहीं तक सुभाषचन्द्र बोस पढ़े थे। आय.सी.एस. होने जा रहे थे। पर सब छोड़ दिया। क्यो...
- सुयोग का लाभ उठाने में बुद्धिमानी क्यों नहीं देखता?...? ऐसी ही प्रचण्ड प्रेरणाएँ असंख्यों को मिलेंगी और वे अन्त:स्फुरणा के आधार पर ही इतना कुछ करेंगे, जितना...
- सुरक्षा अधिकारी के पास हजारों हथियार और एटम बम, बन्दूकें और मशीन गनें आदि रहती हैं, तो क्या वह अपने लिए होती हैं?...? नहीं, सारे जिले की सुरक्षा के लिए होती हैं। सारे जिले की व्यवस्था के लिए होती हैं।...
- सुरक्षा का इंतजाम है?...? नहीं, सुरक्षा का इंतजाम नहीं है, तो बेटे, मैं कहूँगा कि यह तो बहुत बड़ी बला है। अजी साहब! डेढ़ लाख क...
- सुरसा ने कहा—तू कितना मुँह बढ़ा सकता है हनुमान?...? मेरा मुँह बहुत बड़ा है। यह रामायण का प्रसंग है। सुरसा की कहानी को लोग जानते हैं। हनुमान के लंका जाते...
- सुरा पीना कैसा होता है?...? अच्छा होता है? अरे साहब! सुरा पीना बहुत खराब होता है। सुरा बहुत वाहियात होती है। सुरा बहुत बीमारी पै...
- सुराख कर देंगे, तो डूबेगा नहीं?...? ठीक बात है—भगवान बुद्ध ने जवाब देते हुए शिष्यों से कहा—इनसान के भीतर सुराख हो जाए, उसमें पानी भरने ल...
- सुल्तानपुर के गाँव -गाँव, घर-घर में उन्होंने पुस्तकें पढ़ाई और पूछा कि आचार्य जी की किताबें आप पढ़ते हैं, आपको पसन्द आती हैं?...? हाँ साहब, पसन्द आती हैं और आँखों में आँसू आ जाते हैं, ऐसा गजब का साहित्य है। यह तो किसी देवता का लिखा...
- सुविधा मिल जाये, तो चैन मिल जायेगा?...? नहीं, न शान्ति मिल सकती और न चैन मिल सकता है। रावण बहुत ताकतवर था, बहुत बलवान था और उसकी कलाइयों म...
- सूअर को कौन मक्खन खाने को देगा?...? सूअर को मक्खन खाते देखा है। कोई खिलाता है। कोई नहीं खिलाता कहाँ से आ जाता है? गन्दा मैला होता है। उसम...
- सूक्ष्म जीवन में पंचकोशों की उपासना आप किस तरीके से कर सकते हैं?...? इस बारे में आपको थोड़ी-सी जानकारी मैंने कई दिन से दी है। आपको अन्नमयकोश की उपासना, प्राणमयकोश की उपा...
- सूक्ष्म शरीर से क्या मतलब है?...? सूक्ष्म शरीर से मेरा मतलब है—ज्ञान वाला शरीर, विचारों वाला शरीर। यह बहुत कीमती है। इसकी बकत-कीमत ज्य...
- सूक्ष्मीकरण की तपश्चर्या किसके लिए की?...? अरे बेटे, सारे संसार के लिए की, अपने लिए नहीं की। अपने लिए हमें क्या आवश्यकता है। अपने लिए क्यों करे...
- सूखा और पत्थर वाला खेत हो तब?...? तब आप जो कुछ भी बोएँगे जमीन में, सब आपका बीज भी मारा जाएगा और आप फिर निराश होते फिरेंगे। दीवार को चि...
- सूखे पत्ते क्यों खा रहे हो?...? पत्ते खाने की क्या वजह है? उन्होंने कहा—पत्ते खाने की एक ही वजह है कि दुनिया में अनाज बहुत है, फिर भ...
- सूझ नहीं पड़ता कि भविष्य में क्या घटित होकर रहेगा?...? सदुपयोग बन पड़े, तो परिवर्तन सम्भवमनुष्य अनन्त शक्तियों का भण्डार है। उसमें से बहुत थोड़ा अंश ही शरी...
- सूत के कच्चे धागे क्या सामर्थ्य रखते हैं?...? पर जब वे इकट्ठे हो जाते हैं, तो इतना मजबूत रस्सा बन जाता है, जो हाथी को बाँध सके। बूँद इकट्ठी होने स...
- सूत बुनने से हो सकते हैं?...? हाँ बेटे! सूत बुनने से हो सकते हैं। देख-सूत बुनने की खड्डियाँ हमारे यहाँ लगी हुई हैं। तू यहाँ से खड्...
- सूत्र की स्थापना क्यों करते हैं?...? सूत्र की स्थापना हम इसलिए करते हैं कि जो किसी अन्य चीज की बनाई गई होती तो उसका ठहरना मुश्किल होता। अ...
- सूरज कहाँ चला गया?...? वहाँ चला गया, जहाँ अन्धकार ने उसको बुलाया था। जहाँ अँधेरा छुपा हुआ था। वहाँ से वह हटता हुआ चला गया ...
- सूरज कितना लंबा है?...? चार सौ मील लंबा है। नहीं बेटे, वह करोड़ मील लंबा है। फिर पृथ्वी पर बैठा हुआ कोई मनुष्य या देवता—मसलन ...
- सूरज कितने हॉर्स पावर का है?...? कितने कैंडिल का आप समझते हैं सूरज को? वह आपके मकान पर जलता है। आप हीटर जलाते हैं, कितनी बिजली जल जात...
- सूरज की गरमी हमें यहाँ तपा देती है और अगर वही गरमी हनुमान के गाल में जाएगी, तो उनका गाल जलेगा या रह जाएगा?...? ‘‘सहस्र योजन जा पर भानू।’’ बस, हनुमान जी की चमचागिरी करेंगे और मनोकामना पूरी कराएँगे, पागल कहीं के।...
- सूरज की धूप कहाँ से आती है?...? सूरज की धूप का दाम निकालिए। हमारे यहाँ लाइट जलती है। सौ वाट का बल्ब जलता है, यह कितनी बिजली कंज्यूम ...
- सूरज के तरीके से स्वयं गरम रहने के लिए और दूसरों को रोशनी पहुँचाने के लिए कौन तैयार होता है?...? चन्द्रमा के तरीके से चाँदनी बिखेरने के लिए कौन तैयार होता है? कोई नहीं तैयार होता है। आज के जमाने मे...
- सूरज क्या बोलेगा?...? तो फिर सूरज हमारा है। अच्छा तो आपका सूरज है। हाँ बेटे, सूरज हमारा है। कितने दाम का है? लाखों-करोड़ों ...
- सूरज जितने हार्स पावर का है?...? कितने कैंडिल का आप समझते हैं सूरज को? वह आपके मकान पर जलता है। आप हीटर जलाते हैं, कितनी बिजली जल जात...
- सूरज बदनाम हो जाएगा?...? नहीं, सूरज बदनाम नहीं हो सकता। सूरज बदनाम होगा तो अपने कामों से बदनाम होगा, किसी के करने से बदना...
- सूरज मैला हो जाएगा?...? सूरज बदनाम हो जाएगा? नहीं, सूरज बदनाम नहीं हो सकता। सूरज बदनाम होगा तो अपने कामों से बदनाम होगा, क...
- सूरज, जिसकी धूप और रोशनी में आप बैठे हैं, उसे कितने पैसे में खरीदा है?...? नहीं महाराज जी! मैं तो पैसे से लाया हूँ। पैसा देकर खरीदता है, बड़ा आया पैसे वाला। समाज संस्कृति के ...
- सूरदास का तो नाम सुना है आपने?...? कैसी गन्दी जिन्दगी थी! उनके पिताजी मरे हुए रखे थे और वे वेश्या के घर में पड़े हुए थे। सुना है न आपने?...
- सूरदास का नाम तो सुना है आपने बिल्व मंगल थे कैसी गन्दगी जिन्दगी थी उनकी उनके पिताजी मरे हुये रखे थे और वह वैश्या के घर में पड़े हुये थे सुना है आपने नहीं सुना?...? सुना होगा लेकिन जब उन्होंने अपने चाल चलन को बदल दिया दिया, काम करने के ढंग और तरीके को बदल दिया तो...
- सूरदास कैसे आदमी थे?...? आप जाते हैं न। बिल्वमंगल का नाम सुना है न आपने। कैसी घिनौनी और कामुक जिन्दगी थी उसकी? पर जब कायाकल्प...
- सूरदास कैसे आदमी थे—आप जानते हैं न?...? बिल्वमंगल का नाम सुना है न आपने? कैसी घिनौनी और कामुक जिन्दगी थी उसकी। पर जब कायाकल्प हुआ, तो अन्धा ...
- सूर्पणखा से कालनेमि ने कहा—तू ब्याह करेगी?...? उसने कहा—हाँ। वह बोला—राक्षस तो काले-कलूटे होते हैं, माँस खाते हैं, शराब पीते हैं और गाली देंगे और म...
- सूर्य आपके नजदीक है क्या?...? फिर भी आप धूप में बैठे हैं और वह आपके कपड़े सुखा जाता है। चन्द्रमा आपके नजदीक है क्या? हजारों मील द...
- सूर्य और चन्द्रमा की शक्ल तो आपने देखी है, पर उसके नजदीक गये हैं क्या?...? उसके पास तक पहुँचे हैं कभी? नहीं पहुँचे हैं। वह आपसे बहुत दूर है। जब सब चीजें आप से बहुत दूर हैं, ...
- सूर्य चमकता रहे पर अपनी आँखें न हों तो उसकी रोशनी से क्या लाभ मिलेगा?...? अन्धे के लिए दिन और रात समान हैं। सूर्य का अस्तित्व उसे सुन्दर शोभा भरी वस्तुओं का दर्शन नहीं करा सक...
- सूर्य जैसा ताप और चन्द्रमा जैसा शीत बरसाने में मनुष्य कहीं सफल हो सकेगा?...? उपग्रहों का निर्माण करने पर भी अभी नया ग्रह बना देना या पुरानों को हटा देना, किसके लिए कब तक सम्भव हो...
- सूर्य नारायण को जो पानी हम चढ़ाते हैं तो क्या वह हमारी आत्मा को बल दे सकता है?...? नहीं बेटे, सूर्य नारायण को चढ़ाया हुआ पानी उस जमीन को तो गीली कर सकता है, जहाँ पर आपने पानी फैला दिय...
- सूर्य पच्छिम से उदय और पूर्व में अस्त कैसे हो रहा है?...? इस पहेली को बूझने के लिए हमें पिछले एक हजार वर्ष के मध्यकालीन अन्धकार युग का लेखा-जोखा लेने से उन का...
- सूर्य सतत चलता रहता है, एक दिन के लिए भी बन्द हो जाए तो फिर क्या होगा?...? मैं समझती हूँ कि सूर्य यदि अपनी दीप्तिमान आभा खो दे, बुझ जाए तो सारे प्राणि मात्र मर जाएँ। जड़ और चे...
- सूर्य सतत चलता रहता है, एक दिन के लिए भी बन्द हो जाए, तो फिर क्या होगा?...? समझती हूँ कि सूर्य यदि अपनी दीप्तिमान आभा खो दे, बुझ जाए, तो सारे प्राणिमात्र मर जाएँ। जड़ और चेतन म...
- सूर्य से क्या मतलब है?...? सूर्य से दो मतलब है। क्या? रोशनी- एक, गर्मी- दो। भगवान का यह वह नाम है जो हमको रोशनी वाला बनने के ...
- सूर्य, चन्द्र जब एक ही हो सकते हैं, तो भगवान् दो कैसे हो सकते हैं?...? मन्दिर में रखे हुए भगवान् जड़ हैं, हम इसके द्वारा अपनी भावना को जाग्रत करते हैं। इसमें कोई चमत्कार ...
- सूर्य, चन्द्रमा और समुद्र के नजदीक क्या कभी गये हैं आप?...? वे आप से करोड़ों मील दूर हैं, फिर भी अपनी शक्ति से आपको कितना फायदा पहुँचाते हैं। हम और आप भी पास-पा...
- सूर्यनारायण को जो पानी हम चढ़ाते हैं तो क्या वह हमारी आत्मा को बल दे सकता है?...? नहीं बेटे, सूर्यनारायण को चढ़ाया हुआ पानी उस जमीन को तो गीली कर सकता है, जहाँ पर आपने पानी फैला दिय...
- सृष्टि को ईश्वर की संरचना माना जाता है, पर ईश्वर के वर्तमान स्वरूप को किसने जाना?...? इसका उत्तर खोजते समय इसी निष्कर्ष पर पहुँचना पड़ता है कि उसे मनुष्य ने बनाया।इतिहास साक्षी है कि जब-...
- सृष्टि में क्या है क्या नहीं, इस असीम अनन्त और अचिन्त्य को कौन जाने?...? जो प्रकाश में, उपयोग में आया वही तो सब कुछ बना और गौरवान्वित हुआ। इस दृष्टि से न केवल प्रकृति वैभव क...
- से मिलता रहा है, उसको तूने खरच कहाँ किया?...? बस, हम तेरी तमीज, तेरी औकात, तेरी अकल और तेरी पात्रता इस आधार पर आँकेंगे कि तुझे जो मिलता रहा है, उ...
- से यह पता लगा लेते हो कि डाकू कौन है और चोर कौन है, परन्तु यह पता नहीं लगा सकते कि इसमें भला आदमी कौन है और इसमें विद्वान कौन है?...? आपको पता लगाना चाहिए था और आचार्य जी का साहित्य आपको मँगाना चाहिए था। आप ही बताइये साहब, हमने तो कभी...
- सेंट लगाकर वह इसलिए गई थी कि सारे घर को, कमरों को सुगन्धित बनाकर आऊँगी, पर वह क्या करती गई?...? उसने छु-छू की आवाज करना शुरू कर दिया और सारे का सारा कमरा गन्दा कर दिया। फिर क्या हुआ? लोगों ने कहना ...
- सेंट लगाकर वह इसलिए गई थी कि सारे घर को, कमरों को सुगन्धित बनाकर आऊँगी, पर वह क्या करती गई?...? उसने छू-छू की आवाज करना शुरू कर दिया और सारे का सारा कमरा गन्दा कर दिया। फिर क्या हुआ? लोगों ने कहना ...
- सेंटपॉल कौन थे?...? सेंटपॉल ईसा से तीन सौ वर्ष बाद पैदा हुए थे। उन्होंने सारी की सारी क्रिश्चिनिटी को नए ढंग से ...
- सेठ जी ने कहा, आइए, खैरियत तो हैं?...? बहुत दिन में आना हुआ। आइए, बैठिए साहब! सेठ जी ने अपना काम बन्द कर दिया और नौकर से बोले, तू अख़बार ला,...
- सेठ जी ने कहा, आइए, खैरियत तो हैं?...? बहुत दिन में आना हुआ। आइए बैठिए साहब ! सेठ जी ने अपना काम बन्द कर दिया और नौकर से बोले, तू अख़बार ला,...
- सेठ जी ने पूछा कि यह क्या कर रही हो?...? अरे साहब! इससे आपको क्या मतलब है? हम इसको वैकुंठ ले जाने वाले हैं और इसे मुक्ति दिलाने वाले हैं। हम ...
- सेठ जी ने पूछा कि यह क्या कर रही हो?...? अरे साहब! इससे आपको क्या मतलब है? हम इसको बैकुंठ ले जाने वाले हैं और इसे मुक्ति दिलाने वाले हैं। हम ...
- सेठ जी यह क्या मामला है?...? इसको तो आप मिठाई खिलाते हैं, पिश्ते की बर्फी खिलाते हैं। इसको आप ये करते हैं वो करते हैं और दूसरे को...
- सेठ ने बहाना बनाया, कैसे रुपये?...? मेरे पास तुम्हारे कोई रुपये-पैसे नहीं हैं। गरीब ब्राह्मण बहुत दुखी हुआ। यह बात राजा तक पहुँची तो राज...
- सेठ ने बहुत समझाया हम पैसे वाले थे, इसे हमने कमाया था, व्यापार में कमाया था और हमारा पैसा और कोई क्यों ले गया?...? बेटे! मनुष्य की नासमझी ही उसे हर वक्त परेशान करती रहती है। धन की कमी और साधनों का अभाव परेशानी का का...
- सेना कहाँ गई?...? " उन्होंने कहा कि सेना मारी गई। रानी ने कहा, "जोधपुर का महाराज ऐसा बेहूदा नहीं हो सकता। आप हमारे पति...
- सेनापति का आदेश सैनिक कहाँ भूलता है?...? हमारे लिए भी अवज्ञा एवं उपेक्षा करने का कोई प्रश्न नहीं। वार्ता समाप्त हो गई। इस बार छः महीने ही हिम...
- सेवा अगर इनसान न करे तब, तब वह कर्जदार होकर मरेगा और कर्जदार होकर मरेगा तब?...? तब जीवन में आपने जो भी पा लिया हो, वह अलग बात है; लेकिन यह सारे-के कर्जे जो आपको इस जीवन में भिन्न-भ...
- सेवा आप नहीं करेंगे तब?...? तब आपकी अन्तरात्मा? प्यासी रह जाएगी, भूखी रह जाएगी। आपकी आत्मा को आनन्द मिलेगा ही नहीं, जो कि एक देन...
- सेवा का जटिल मार्ग क्यों चुना गया?...? यदि चुन ही लिया गया तो सेवा की अभिन्न सहचरी नम्रता को भी साथ लेकर चलना था। सेवा धर्म के साथ शालीनता ...
- सेवा किस तरीके से करें?...? सेवा से मतलब है - प्रत्यक्ष सहायता। ज्ञान दान भी एक सेवा है। लेकिन यहाँ ज्ञान दान और ब्रह्म विद्या क...
- सेवा की वृत्ति आपके मन में है क्या?...? आप पुराने किस्से बताकर हमारे ऊपर रौबदारी क्यों करना चाहते हैं? आप तो हमें इस समय की बात बताइये क...
- सेवा के कार्यों में अपना खर्च करने लगे तो आप बताइये क्या कमी रह गई उनके पास?...? किसी चीज की कमी नहीं थी। गाँधी जी बड़े शानदार आदमी थे और शानदार आदमी सिर्फ इसलिये हुए कि उन्होंने अपन...
- सेवा के लिए हम मन कहाँ से लायेंगे और ऐसे कैसे करेंगे?...? यह हमसे नहीं हो सकता और हम नहीं करेंगे। भगवान् ने कहा- ‘फिर क्या करोगे?’ हम तो महाराज जी! बस आपक...
- सेवा के लिये कदम बढ़ायेंगे नहीं?...? जो काम करने हैं, करेंगे नहीं। नहीं साहब! हमने गलती सुधार ली। गलती सुधारने से क्या मतलब? गलती को सुधा...
- सेवा कैसे नहीं हुई?...? आप नर-रत्नों का उत्पादन घर की खदानों में कर सकते हैं। अगर आप अपने घर का वातावरण संस्कारी बना लें और ...
- सेशेल्स स्थान कहाँ है?...? सेशेल्स एक फ्रांसीसी टापू है। जब हम वहाँ से दारेसलाम से करांची की ओर अरेबियन सागर से होकर चलते हैं, ...
- सेशेल्स स्थान कहाँ है?...? सेशेल्स एक फ्रांसीसी टापू है। जब हम वहाँ से दारूसलेम से कराची की ओर अरेबियन सागर से होकर चलते हैं, त...
- सेहत कौन दे सकता है, देवता?...? देवता नहीं दे सकता। हकीम जी? हकीम जी भी नहीं दे सकते। क्यों साहब! हकीम जी के पास तो बहुत अच्छी-अच्छी...
- सेहत कौन दे सकता है, देवता?...? देवता नहीं दे सकता। हकीम जी? हकीम जी भी नहीं दे सकते। क्यों साहब। हकीम जी के पास तो बहुत अच्छी-अच्छी...
- सैंडो जैसे ही म्यूजियम से घर आया, पिता से पूछा—मुझे बताइए कि मैं कैसे पहलवान, बलवान बन सकता हूँ?...? बचपन से बीमार, दमा, जुकाम, खाँसी से परेशान, लीवर जिसका बढ़ा हुआ, पर जब उसके पिता ने उसे खान-पान का न...
- सैंडो म्यूजियम से आया और पिता से बोला—"बताइए, मैं कैसे पहलवान बन जाऊँ?...? " उसके पिता ने बताया—बेटे ! अपने खान-पान में यह नियंत्रण करना चाहिए और अपने आहार-विहार में यह नियंत्...
- सैनिक प्रेस में जब काम करते थे, तो जो उनसे बड़े थे, वे सबसे यही कहते थे कि कहिए साहब, मैं बाजार जा रहा हूँ, कोई आपका काम है क्या?...? उनने कहा, हमारी बीबी के बच्चा होने वाला है। अच्छा दाई का प्रबन्ध करता हूँ और कोई बात? हमारे पास चारपा...
- सैरगाहों में क्या करेंगे जा करके?...? ? सैरगाहों में कितने आदमी आते हैं! आपने देखे होंगे? विदेशों में भी घुमक्कड़ लोग जाते हैं। कोई नैनीता...
- सैल कैसे होते हैं?...? अमुक चीज कैसी होती है? विना इस जानकारी के आप ऐसे ही करेंगे आपरेशन, पेट को चीर डालेंगे, सुई-धागे से स...
- सैल कैसे होते हैं?...? अमुक चीज कैसी होती है? बिना इस जानकारी के आप ऐसे ही करेंगे आपरेशन, पेट को चीर डालेंगे, सुई-धागे से स...
- सो उसने पूछा-क्यों भाई क्या पेट में दर्द हो गया है?...? बन्दर झुँझला कर बोला-नहीं यार यह मेरे पूर्वजों की समाधि है मैं उनके ज्ञान, बल, पौरुष की महानता का गु...
- सो तुम मुझे स्वर्ग से बुलाकर कैसे धारण करोगे?...? तब भगीरथ ने शकर जी से मदद माँगी। शंकर जी ने अपनी जटाएँ फैला दीं। इस तरह स्वर्ग से जब गंगा आई थीं तो ...
- सो तुम मुझे स्वर्ग से बुलाकर कैसे धारण करोगे?...? तब भगीरथ ने शंकर जी से मदद माँगी। शंकर जी ने अपनी जटाएँ फैला दीं। इस तरह स्वर्ग से जब गंगा आयी थीं त...
- सो तुम्हारे काम में घाटा या बाधा कैसे आ सकती थी?...? सब काम सहज होते रहते थे। अब तुम गुरुजी के साथ कंजूसी करोगे, तो वे क्यों न करेंगे? तुम अपने संकल्प से...
- सो बोले, ‘‘अब, खाना कहाँ माताजी?...? उबले भोजन में कुछ स्वाद तो होता नहीं।’’
माताजी ने कहा, ‘‘आप तो राजस्थान के हो। आपको तो दाल-बाटी बहु...
- सो मन, वचन और कर्म से उनकी सेवा करेंगे या अपनी गृहस्थी सँभालेंगे?...? " सावित्री ने मन में दृढ़ निश्चय किया कि शादी तो इसी से करनी है। वापस आकर पिता को सब बताया। नारद जी ...
- सो सार रूप में मैं आपको बताता हूँ कि मैंने क्या पढ़ा?...? क्या सुना? और क्या सीखा?
मित्रो! मनुष्य का जीवन, मनुष्य की जिन्दगी तीन बातों पर टिकी हुई है। एक—हम...
- सोई हुई चीज को ठीक करने के लिए क्या बाहरी शक्ति काम कर सकती है?...? नहीं कर सकती। हमारे भीतर कोई चीज प्रवेश नहीं कर सकती।
हमारे भीतर एक ही चीज प्रवेश कर सकती है ...
- सोई हुई चीज को ठीक करने के लिए क्या बाहरी शक्ति काम कर सकती है?...? नहीं कर सकती। हमारे भीतर कोई चीज प्रवेश नहीं कर सकती।हमारे भीतर एक ही चीज प्रवेश कर सकती है और वह है...
- सोके पी लें?...? सोकर पी लो। लेटकर पानी पी लें? हाँ, बीमार हो, तो लेटकर पानी पी लो। खड़े हुए पानी पी लें? हाँ, खड़े हुए...
- सोच रहे थे, कैसे मारें?...? गुरुजी बोले ‘‘अच्छा! तुम लोग नहीं मारते। लाओ, मैं मार देता हूँ।’’ उस समय जाँजगीर चाँपा के एक भाई, श्...
- सोचता क्या है?...? उसकी आकांक्षा क्या है? उद्देश्य क्या है? अगर आप इस तरीके से कर पाए, तो आप धन्य हाे जाएँगे। मैं धन्य ...
- सोचता है, रोटी कहाँ से मिलेगी?...? पर बेटा भगवान् अपने कुत्ते को भी रोटी खिला देता है और भक्त को तो स्वयं हाथों से खिलाकर खाता है।’’ मै...
- सोचने लगा, उस रात वे न आते तो क्या होता?...? उसी कृतज्ञता ने मुझे पूर्ण समर्पित कार्यकर्ता के रूप में बदल दिया।ऐसे ली दीक्षा
शंकरलाल शर्मा, कनाड़...
- सोचने लगा, ‘‘ऐसी क्या बात हो गई?...? टेलीग्राम भी आया व मिश्रा जी भी कह रहे हैं।’’ चर्चा के दौरान मिश्रा जी ने बताया कि शायद गुरुजी आपसे ...
- सोचने लगा-‘‘दोस्त को क्या जवाब दूँगा?...? मैंने तो ठीक हो जायेंगे, कह दिया था।’’
भला विधाता से मन की बात कैसे छिपी रह सकती थी? मेरे आँसू देखक...
- सोचने लगे कि आखिर सीता गई कहाँ?...? क्या जमीन निगल गई? आसमान में चली गई? खिन्न अनुभव करने लगे, असहाय अनुभव करने लगे, अपने को दीन-हीन अनु...
- सोचने, विचारने, कल्पना करने में क्या हानि है?...? नहीं, आपको मन से काम वासना के सब भाव, कल्पना, इच्छा एकदम निकालनी होगी, मन को विषयों की ओर से मोड़ना ह...
- सोचा कि जब अपनी सामान्य प्रतिभा के बलबूते ऐशो-आराम के आडम्बर खड़े किए जा सकते हैं, तो हिमालय को, सिद्ध पुरुषों को, सिद्धियों को, भगवान को, तपश्चर्या को बदनाम करके आडम्बर रचने से क्या फायदा?...? उस प्रथम वर्ष में मार्गदर्शक ऋषि सत्ता के साक्षात्कार ने हमें आमूल-चूल बदल दिया। अनगढ़ मन के साथ नए प...
- सोचा कि समुद्र को पार करके लोग मेरे पास कैसे आएँगे?...? मैं यहाँ आराम से बैठा रहूँगा। गुस्से से भरा हुआ भगवान द्वारिका चला गया।
लोगों ने नावें बनाईं, जह...
- सोचा गया कि आखिर गर्हित जीवन बनता क्यों है?...? निष्कर्ष निकाला कि इन सभी के उद्गम केन्द्र तीन हैं—लोभ, मोह और अहंकार। जिसमें इनकी जितनी ज्यादा मात्...
- सोचा जाना चाहिए कि औसत नागरिक की तरह निर्वाह साधनों को पर्याप्त मानकर सम्पन्नता की ललक से पीछा क्यों न छुड़ाया जाय?...? और कटौती में जो समय श्रम बचता है, उसे उच्चस्तरीय महत्त्वाकांक्षाओं की पूर्ति के लिए पुण्य परमार्थ मे...
- सोचा जाना चाहिए कि भूले या दुर्बलताएँ तो इस कठिनाई में कुछ कारण नहीं रही है?...? यदि रही हो तो इस प्रमाद को अविलम्ब हटा देने में तत्परता बरतनी चाहिए, ताकि वैसी दुर्घटना की पुनरावृत्...
- सोचा जाय कि अन्य प्राणियों की तुलना में मनुष्य को जो विशेष मिला है वह शौक-मौज भर के लिए है?...? विचारा जाय कि चौरासी चक्र से छूटने के, पूर्णता तक पहुँचने के, ईश्वर के साथ अनन्य होने के इस स्वर्ण स...
- सोचा पास की बात है, जरा देखकर आऊँ और पता लगाकर आऊँ कि क्या काम चल रहा है?...? देखूँ तो सही कि स्वामी जी का अनशन आजकल कैसा चल रहा है? हमने उन्हें खाते हुए तो नहीं देखा, पर टट्टी ज...
- सोचा, परम पद देने वाला परमेश्वर के अलावा कौन हो सकता है?...? तपस्या ईश्वर प्राप्ति के लिये की जाती है, जब वे स्वयं मिल गये व कह रहे हैं, अर्थात् तपस्या से पहले ह...
- सोते समय दिनभर के कार्यक्रमों पर विचार करना चाहिए कि आज हमारा कितना शरीरबल, कितना बुद्धिबल, कितना धन व्यय जीवन निर्वाह के लौकिक कार्यों में लगा?...? क्या इसमें से कुछ समय, श्रम और धन बचाया जा सकता था? यदि बचत हो सकती थी और अधिक व्यय कर डाला गया तो उ...
- सोने का नहीं होता, असली मृग होता तो क्यों मारा जाता?...? लेकिन वह मारा गया।मित्रो! यह कालनेमि इसी तरीके से किया करता है। बच्चों को चुरा ले जाने वाला कालनेमि ...
- सोने की तगड़ी है और क्या है?...? सोने का हार है। किसके लिए हैं? आपकी बहू के लिए हैं। तो गुरुजी! हमको दे दीजिए। आपको नहीं दे सकते।...
- सोने की लंका का ही ख्वाब देखेंगे?...? अपने बेटे और पोते को ही, सवा लाख पूत, सवा लाख नाती तक ही सीमित रहेंगे? आप विभीषण जी का अनुकरण नहीं क...
- सोने की साधना, मुख की साधना और जीवन की साधना कि इसे कैसे जिया जा सकता है?...? जीवन कैसे उद्यमशील बनाया जा सकता है? इसे कैसे देवोपम बनाया जा सकता है? जीवन की अस्तव्यस्तता का उदारी...
- सोने की साधना, मुख की साधना और जीवन की साधना कि जीवन कैसे जिया जा सकता है?...? जीवन कैसे उद्यमशील बनाया जा सकता है? जीवन कैसे देवोपम बनाया जा सकता है? जीवन की अस्त-व्यस्तता का उदा...
- सोम क्या है?...? अमृतम् वै सोमः (शतपथ) अर्थात् अमृत ही सोम है। अमृत क्या है-ज्ञान और तप से उत्पन्न हुआ आनन्द। इस प्...
- सोमवार को उपवास किया करूँ या मंगल को?...? वह तेरी मरजी है। सोमवार को करले तो अच्छा है, मंगलवार को करले तो अच्छा है। हर व्यक्ति यही पूछता रहता ...
- सोल का हम डेवलपमेंट कैसे कर सकते हैं, सोल को परिष्कृत कैसे कर सकते हैं?...? सोल को हम शानदार कैसे बना सकते हैं, जिससे बाहर की चीजें खिंचती हुई चली जाएँ।
मित्रो! हमारा अप...
- सोल का हम डेवलपमेंट कैसे कर सकते हैं?...? सोल को परिष्कृत कैसे कर सकते हैं? सोल को हम शानदार कैसे बना सकते हैं, जिससे बाहर की चीजें खिंचती हुई...
- सोल को परिष्कृत कैसे कर सकते हैं?...? सोल को हम शानदार कैसे बना सकते हैं, जिससे बाहर की चीजें खिंचती हुई चली जाएँ।मित्रो! हमारा अपना मैग्न...
- सोलह रुपये साल के हिसाब से यदि हमने पाँच सौ आदमी का बीमा करा दिया तब?...? तब सोलह पंजे अस्सी अर्थात आठ हजार रुपया महीना हो गया।
आपके फायदे की बात
क्यों साहब! ...
- सोशलिस्ट में चली गई तो क्या?...? इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या? और पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या? वही लोग हैं। वही सब छाए ह...
- सोशलिस्ट में चली गयी तो क्या?...? इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या? पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या? वही लोग हैं। वही सब छाये हुए...
- सौ आदमी आ जाएँगे तो मैं कहाँ से लाऊँगा प्रसाद?...? और पानी मिला दे, ये कभी खतम नहीं होने वाला। महाराज जी, थोड़ा-थोड़ा दूँगा तो लोग नाराज होंगे। तो बड़ा...
- सौ आदमी आ जाएँगे तो मैं कहाँ से लाऊँगा प्रसाद?...? और पानी मिला दे, ये कभी खतम नहीं होने वाला। महाराज जी, थोड़ा-थोड़ा दूँगा तो लोग नाराज होंगे। तो बड़ा-बड़...
- सौ आदमी तो आते नहीं हैं, मैं क्या करूँगा सुल्तानपुर में?...? उनने कहा कौन से जमाने की बात कह रहे हैं आप। कुछ वर्ष पहले में और अब में जमीन-आसमान का फर्क पड़ गया है...
- सौ बेड का अस्पताल किसे कहते है?...? बेटे, यह सौ बेड का अस्पताल है। सौ बेड का चल जाये, तो बहुत हैं। इससे ज्यादा का नहीं। नहीं महाराज जी...
- सौ बेड के अस्पताल में कितने डॉक्टर चाहिए?...? कितनी नर्सें चाहिए? कितनी दवाइयाँ चाहिए और कितना खर्च चाहिए? आपको मालूम है क्या? कितने कमरे चाहिए,...
- सौ वाट का बल्ब जलता है, यह कितनी बिजली कंज्यूम करता है?...? अपने मीटर को देख लें। हमारे यहाँ जो बिल आता है, हजार रुपए से ज्यादा का आता है। हमारे यहाँ हजार डेढ़ ...
- सौ वाट का बल्व जलता है, यह कितनी बिजली कंज्यूम करता है?...? अपने मीटर को देख लें। हमारे यहाँ जो बिल आता है, हजार रुपये से ज्यादा का आता है। हमारे यहाँ हजार-डेढ़...
- सौ-सौ कुण्डीय यज्ञ किये और कितने-कितने कुण्डीय यज्ञ हवन कराये हैं?...? सबका-जिन्दगी भर का हिसाब लगा लीजिए, तो करोड़ों रुपयों से ज्यादा का जा पहुँचेगा। हमारे कहने से, हमार...
- सौन्दर्य की होने वाली अनुभूति को किस रूप में प्रत्यक्ष दिखाया जा सकता है?...? फूल की सुगन्ध एवं सौन्दर्य की अनुभूति, घ्राण शक्ति एवं नेत्र ज्योति से रहित व्यक्ति नहीं कर सकता। ऐस...
- सौभाग्य किसे कहते हैं?...? नौकरी में तरक्की हो जाने को? लॉटरी में रुपया निकल आने को? तीन बेटियों के बाद दो बेटा हो जाने को? आपक...
- स्कूल के लिए फीस न दे तब?...? तब बताइये बच्चा कैसे आगे बढ़ेगा? शादी हुई हो आपकी, यह शादी की बीबी कहाँ से आई आपकी? किसी और ने दी न? ...
- स्कूल में आपका बैग या कुछ सामान चोरी हो जाने पर?...?
उत्तर- कक्षा में अच्छी तरह चैक कर लेंगे। मित्रों को पूछेंगे। शिक्षक को सूचित करेंगे। नोटिस बोर्ड पर...
- स्कूल में वह गणित, भूगोल पढ़ सकता है, लेकिन स्कूल में वह चरित्र कैसे पड़ेगा?...? घर के लोग जिस स्वभाव के होंगे, जिस नीयत के होंगे, जिस क्रियाकलाप के होंगे, बच्चा ठीक वैसा ही बन जाएग...
- स्कूल में से लड़का कहाँ गया?...? भाग गया। बस, मजा आ जाए। अगर मुझे भी यह सिद्धि आ जाए तो मैं जहाँ कहीं भी जाऊँ तो फूलमाला ही मेरे गले ...
- स्कूली पढ़ाई इसमें क्या काम आती है?...? बेटे, भौतिक जानकारियाँ मिलती हैं, जैसे—इतिहास, भूगोल, फिजिक्स आदि पढ़ाए जाते हैं। बॉटनी पढ़ाई जाती ह...
- स्कूलों में पढ़ने वाली पाँच प्रतिशत लड़कियों की शिक्षा व्यवस्था ही उसके लिये भारी पड़ रही है, तो प्रौढ़ पीढ़ी की नारी को समग्र रूप से शिक्षित कर सकना किस प्रकार सम्भव होगा?...? इतने साधन वह कहाँ से कैसे जुटावेगी? जुटावेगी तो नये टैक्सों से जनता की कमर ही टूट जायगी। यह कार्य हम...
- स्टील का पंचपात्र लगा दो तो कैसा हो सकता है?...? बेटे! मिट्टी का भी बना ले और अगर तेरे पास कोई पंचपात्र न हो तो हथेली में पानी रखकर पी लिया कर, उससे ...
- स्टील का पंचपात्र लगा दो तो कैसा हो सकता है?...? बेटे! मिट्टी का भी बना ले और अगर तेरे पास कोई पंचपात्र न हो तो हथेली में पानी रखकर पी लिया कर, उससे ...
- स्टील कैसे हो जाती है?...? बेटे! उसको गरम करना पड़ता है, शोधन करना पड़ता है। इसकी मिट्टी अलग निकाल देते हैं, जला देते हैं। आप ब...
- स्टील कैसे हो जाती है?...? बेटे! उसको गरम करना पड़ता है, शोधन करना पड़ता है। इसकी मिट्टी अलग निकाल देते हैं, जला देते हैं। आप बोक...
- स्टेज पर बैठकर बोलने में क्या आफत आ गई आपको?...? नहीं साहब! स्टेज पर बैठकर बोलना नहीं आता। दो बातें हो जाती हैं, इसलिए बोलना नहीं आता। हम सिखा देंगे।...
- स्टेज पर बैठकर बोलने में क्या आफत आ गई आपको?...? नहीं साहब! स्टेज पर बैठकर बोलना नहीं आता। दो बातें हो जाती हैं, इसलिए बोलना नहीं आता। हम सिखा देंगे।...
- स्टेनलेस स्टील कैसी होती है?...? बेटे, ऐसी होती है, चाँदी जैसी। लोहे में और चाँदी में फरक नहीं होता है? नहीं साहब! लोहा काला रहता है।...
- स्टेनलेस स्टील कैसी होती है?...? बेटे, ऐसी होती है, चाँदी जैसी। लोहे में और चाँदी में फर्क नहीं होता है? नहीं साहब! लोहा काला रहता है...
- स्टोव फट जाए तब, प्रेशरकुकर फट जाए तब क्या हो सकता है?...? लखनऊ में एक मिनिस्टर के यहाँ पूरी कोठी जल गई। कैसे हुआ? पानी गरम करने का गीजर, उसका बटन ऑन करके घूमन...
- स्त्रियाँ मूँछें लगा लें तब?...? तब फिर वे मरद हो जाएँगी और पुरुष मूँछ हटा लें, तो वे औरत हो जाएँगे। अरे महाराज जी आप ये क्या कहते ...
- स्त्रियाँ हैं तो क्या?...? पुरुष हैं तो क्या? इनसान तो हैं। इनसान, इनसान के प्रति अच्छे भाव रखे। उनमें सरसता के भाव रखे, तो इसम...
- स्त्रियों को अधिकार क्यों नहीं है?...? हमारा पिता अन्धा हो गया था। बेटे, हिन्दू का शरीर यज्ञ भगवान की गोदी में सौंपा जाता है। उसे और कोई नही...
- स्त्रियों को उपार्जन क्षमता से रहित माना जाता है, पर उनके द्वारा होने वाली बचत का मूल्यांकन किया जाय तो प्रतीत होगा कि उनके द्वारा परिवार की आर्थिक समृद्धि बढ़ने में बचत प्रक्रिया का कितना अधिक योगदान है?...? घर में स्त्री न हो, तो भोजन या तो बाजार में खाना पड़ेगा या पकाने के लिए नौकर रखना पड़ेगा।...
- स्त्री और पुरुष में क्या फर्क होता है?...? स्त्रियों को मूँछें नहीं आतीं और मरद को मूँछें आती हैं। मूँछ आने से क्या फर्क हो गया? स्त्रियाँ ...
- स्त्री तब तो कुछ न बोली पर कुछ दिन पीछे जब डॉक्टर के बाल सफेद हुए, दाँत टूटे नये दाँत, नई मूँछें कब तक निकलेंगी?...? डॉक्टर साहब कुछ उत्तर न दे सके-जो ज्ञान जीवन का अर्थ न समझा सके निरर्थक है। (३) वासना के उपक्रम में ...
- स्त्री है, इसका मतलब कि ये सिर्फ काम-वासना के ही लिए है क्या?...? हमारी माँ भी तो स्त्री है, बहिन भी तो स्त्री है, हमारी बेटी भी तो स्त्री ही है। क्या हम काम-वासना के...
- स्त्री-जाति को अपमान भरे जीवन से निकाल कर ऊँचा उठाने में सहायक ऐसे कौन-से आन्दोलन हैं, जिनमें स्त्री जाति की प्रतिष्ठा फिर स्थापित हो सकती हैं?...? नारी उत्कर्ष के लिए कुछ विशेष प्रयत्न किये जायें भारतीय धर्म और संस्कृति ने नारी का दर्जा नर ऊँचा म...
- स्त्री-पुरुष के बीच एक काम-वासना का ही रिश्ता है क्या?...? नहीं, ये बहुत बुरी बात है। दिमाग में काम-वासना के विचारों को रखे रहना और क्रोध का आचार, बात-बात में ...
- स्त्री-पुरुष कौन होते हैं?...? वासना के शिकार। ब्याह किसके लिए होता हैं? वासना के लिए—प्रेम के लिए नहीं। प्रेम किसे कहते हैं? बेटा,...
- स्त्रीलिंग है या पुलिंग है?...? फिर क्या बात है? हिन्दू समाज की परम्परा के अनुसार इसे माता और पिता की भावना के लिए देवी का और देवत...
- स्थान बदलते समय यदि ‘‘क्ष’’ ने उनमें से एक स्थान ले लिया, तो स्थान खोने वाला बालक ‘‘क्ष’’ जैसे ही, ‘‘स्थान दोगे?...? ’’ कहकर घूमता जायेगा। इस प्रकार खेल चलता रहेगा।
३३. डाक आई- एक गोल घेरा खींचें और सब को उसमें बिठा द...
- स्थानीय और थोड़ी सी समस्याओं को लेकर ही अब तक राजनैतिक, सामाजिक आन्दोलन होते और सृजन संघर्ष के उपक्रम भी चलते रहे हैं, पर ऐसा किसी भी मंच से कदम उठाना तो दूर, सोचा तक नहीं गया कि ५०० करोड़ मनुष्यों के चिन्तन, चरित्र और व्यवहार में क्रान्तिकारी परिवर्तन करने के लिए कारगर प्रयास कब और किस प्रकार किया जाय?...? प्रज्ञा अभियान ही है जिसने इस सन्दर्भ में गम्भीरता पूर्वक सोचा, कदम उठाया और वह कर दिखाया, जिस पर सह...
- स्थापना करने की विधि क्या होती है?...? वस्त्रों का उपयोग कैसे होता है? जीभ का उपयोग, मन का उपयोग, वस्त्रों का उपयोग ये सब कर्मकाण्ड में आते...
- स्थूलशरीर में कोई चीज दिखाई पड़े तो शक्तिपात और दिखाई नहीं पड़े तो कोई शक्तिपात नहीं, आपकी यही मान्यता है न?...? हाँ साहब! यही बात है।
मिथ्या भ्रान्तियाँ
ठीक है, जिस दिन आपको शक्तिपात कराना हो तो मे...
- स्नेह क्या है?...? चिकनाई। तेल, घी को भी स्नेह कहते हैं और प्यार को भी स्नेह कहते हैं। स्नेह से हमारा दीपक, हमारा मिट्ट...
- स्पष्ट है कि विरोध में सारा वातावरण और प्रयास में साधन रहित एकाकी, फिर सफलता कैसे मिली?...? इस सन्दर्भ में परा दैवी शक्तियाँ सहायता करती और प्रतिकूलता को अनुकूलता में बदलती देखी गयी हैं। इन्ही...
- स्पष्ट है, कभी-कभार किसी की छोटी-मोटी सहायता हाथ लग भी सकती है, पर जब पूरा जगत् ही उलझन भरा है तो कौन किसकी, कब तक, कितनी सहायता कर सकता है?...? विशेषतया तब जबकि हर किसी को अपनी-अपनी समस्याओं में ही इतना उलझे रहना पड़ता है, कि दूसरों की सहायता क...
- स्पार्क किसे कहते हैं?...? स्पार्क कहते हैं—आदर्शों को। आदमी के व्यक्तिगत जीवन में आदर्श, आदर्शों की हूक, आदर्शों की उमंग, आदर्...
- स्मरण रखिए—एक दिन आपसे पूछा जायगा कि धन को कैसे पाया और कैसे खर्च किया?...? स्मरण रखिये आपको एक दिन न्याय-तुला पर तोला जायगा और उस समय अपनी भूल पर पश्चात्ताप होगा, तब देखोगे कि...
- स्मारिका से क्या होगा?...? स्मारिका से विज्ञापन मिलते हैं, जिससे विज्ञापन देने वालों का लाभ होता है। स्मारिका के माध्यम से हर...
- स्लैब कब ढालते हैं?...? हमारी बिल्डिंगें बनती हैं तो पहल लकड़ी का बना देते हैं ढाँचा, फिर ढाँचे के ऊपर स्लैब ढालते हैं।...
- स्वच्छता जब अपने स्वभाव में ही नहीं है, फिर जिसका उपयोग दूसरों को करना है, उसे शुद्धता पूर्वक दुहने, स्वच्छ बरतन में रखने और देर तक रखे रहने पर उसकी उपयोगिता नष्ट हो जाने की बात कौन सोचे?...? दूध की आवश्यकता यदि सचमुच ही अनुभव होती है, तो परिस्थितियों को देखते हुए एक कदम और आगे की बात सोचनी ...
- स्वतंत्र जीवन जीने वाले दीन दरिद्रों को जिस स्तर का जीवन यापन करना पड़ता है उसकी तुलना में वे दास-दासी सुखी थे, फिर मोटी दृष्टि से तो यह स्वतंत्रता उनके लिए हानिकारक ही हुई?...? इसी तर्क के अनुसार विदेशी पराधीनता को भी कई सुविधाओं की दृष्टि से उपलब्ध स्वाधीनता की तुलना में अच्छ...
- स्वतंत्रता के लिए कितना काम किया?...? अरे नारी न जाने क्या कर सकती है? वह तो ऐसे सन्त पैदा कर सकती है, ऋषि पैदा कर सकती है, अपने कुटुम्ब औ...
- स्वतंत्रता-सेनानी कैसा होता है?...? बेटे! स्वतंत्रता-सेनानी बड़ा जबरदस्त होता है। कैसे? ऐसे, जो तीन महीने जेल रह आया, वह स्वतंत्रता-सेनान...
- स्वतंत्रतासेनानी कैसा होता है?...? बेटे! स्वतंत्रतासेनानी बड़ा जबरदस्त होता है। कैसे? ऐसे, जो तीन महीने जेल रह आया, वह स्वतंत्रतासेनानी...
- स्वप्न में क्या देखा?...? गुरुदेव! आपको स्वप्न तो कभी दिखाई नहीं पड़ते हैं। वे जिस करवट सोते थे। उसी करवट उठते थे, कोई चक्कर न...
- स्वप्न में क्या देखा?...? गुरुदेव! आपको स्वप्न तो कभी दिखाई नहीं पड़ते हैं। वे जिस करवट सोते थे। उसी करवट उठते थे, कोई चक्कर न...
- स्वप्न में दीख जाएँगी तो क्या हो जाएगा तेरा?...? एक और लड़का आया, उसने कहा—साहब! पहले तो दिखाई पड़ता था। वह, अब मुझे नहीं दिखाई पड़ता। मैंने जोर से ड...
- स्वभाव कैसे बने?...? कर्म कैसे बने? उसके विचार करने का क्रम क्या है? काम करने की शैली क्या है? उसका रहन-सहन क्या होता है?...
- स्वभावत: वे फैलने, फूटने का फूलने-फलने का अवसर चाहती हैं, पर इसके लिए अधिकार रहित नारी के लिए गुंजायश कहाँ?...? चौबीसों घण्टे उसे मन को मारना पड़ता है और उस दुष्ट को देखो, जो मरता तो है नहीं, उल्टे विद्रोही बनकर ...
- स्वभावतः वे फैलने-फूटने का, फूलने-फलने का अवसर चाहती है, पर इसके लिए अधिकार रहित नारी के लिए गुंजायश कहाँ?...? चौबीसों घण्टे उसे मन को मारना पड़ता है और उस दुष्ट को देखो जो मरता तो है नहीं उल्टे विद्रोही बनकर नान...
- स्वभावतः वे फैलने-फूटने, फूलने-फलने का अवसर चाहती हैं, पर इसके लिए अधिकार रहित नारी के लिए गुंजायश कहाँ?...? चौबीसों घण्टे उसे मन को मारना पड़ता है और उस दुष्ट को देखो जो मरता तो है नहीं उल्टे विद्रोही बनकर ना...
- स्वयं का या भगवान का?...? बेटे स्वयं तो क्या और भगवान तो क्या दोनों एक ही हैं। स्वयं का विकसित रूप ही भगवान है। हमारा विकसित र...
- स्वयं का या भगवान का?...? बेटे! स्वयं तो क्या और भगवान तो क्या। दोनों एक ही हैं। स्वयं का विकसित रूप ही भगवान है। हमारा विकसित...
- स्वयं का या भगवान् का?...? बेटे स्वयं तो क्या और भगवान् तो क्या दोनों एक ही हैं। स्वयं का विकसित रूप ही भगवान् है हमारा विकसित ...
- स्वयं के बीमार होन पर?...?
उत्तर- बीमारी होने के कारण पर चिन्तन करें। कारणों को दूर करेंगे। उपवास व आराम द्वारा जल्दी स्वस्थ हो...
- स्वयं के लिए कुछ चाहता है कि नहीं?...? हमसे और आपसे भगवान क्या चाह सकता है और हम और आप भगवान को क्या दे सकते हैं? हम तो एक जर्रा हैं, कण है...
- स्वयं को सजा देने में क्या समझदारी है?...? ’’ उनकी प्यार-दुलार भरी डाँट सुनकर सबकी नाराजगी दूर हो गई। सबको भूख भी लगी ही थी। सबने फटाफट थाली उठ...
- स्वयं जाला बनाती है, स्वयं फँस जाती है, स्वयं फँसने के बाद में जब उसका मन आता है कि जाला हमारे लिए नुकसान दायक है और जाले में हमको नहीं रहना चाहिए, तब क्या करती है?...? तब ये करती है कि सारे के सारे जाले को अपने मुँह में समेट लेती है और निगल जाती है, सारे जाले को समेट ...
- स्वयं नारी, जीवन का क्या आनन्द पा सकी?...? इन प्रश्नों पर विचार करने से लगता है कि नारी को सताकर, नीचे गिराकर, बन्धनों में बाँधकर उपेक्षित रखा ...
- स्वयं नारी, जीवन का क्या सौभाग्य पा सकी?...? इन प्रश्नों पर विचार करने से लगता है, नारी को पीड़ित, पददलित, प्रतिबन्धित, उपेक्षित रखा जाना किसी प्...
- स्वयं नारी, जीवन का क्या सौभाग्य पा सकी?...? इन प्रश्नों पर विचार करने से लगता है नारी को पीड़ित, पद-दलित, प्रतिबन्धित, उपेक्षित रखा जाना किसी प्र...
- स्वयं नुकसान में रहे?...? क्या नुकसान में रहे? आप बताइये न। किसी एक का नाम बताइए। गाँधी जी ने वकालत की होती तो वकालत में कितना...
- स्वयं बीड़ी पीते हुए बच्चों को धूम्रपान न करने का उपदेश देना क्या भूल नहीं है?...? बच्चों से जिन गुणों की आशा की जाए उन्हीं से सम्बन्धित वातावरण भी सचाई से भरा हुआ होना चाहिए। दवा पिल...
- स्वयं बोले क्या लाऊँ, मैं तुम्हारे लिए?...? मैंने कहा कि जो मैं चाहती थी वह मिल गया। मुझे शेष क्या चाहिए? इतना मेरा कहना था कि मेरे आँसू निकल पड...
- स्वयं मुसीबत मोल लेने को, हम क्यों मुसीबत उठाएँ?...? ताकि हमारी मुसीबत से जो चीज बच सकती है, उसको किसी अच्छे काम में लगा दें। आपने एकादशी का उपवास किया, ...
- स्वयं व्यभिचारी व्यक्ति भी जब सदाचार का समर्थन करता है तो स्पष्ट हो जाता है कि शक्ति किसकी प्रबल है?...? सारा संसार व्यवहारतः असत्यवादी हो जाए तो भी बिना समर्थन का सत्य भी अपनी वरिष्ठता की विजय- ध्वजा फहरा...
- स्वराज्य आन्दोलन कहीं से शुरू हुआ?...? अपने आप से शुरू हुआ। आपत्तिकाल की समस्या का हल केवल अपने आप से ही सम्भव है। ऐसा साहस भरा कार्य वे असा...
- स्वराज्य आन्दोलन कहाँ से शुरू हुआ?...? अपने आप से शुरू हुआ। आपत्तिकाल की समस्या का हल केवल अपने आप से ही सम्भव है। ऐसा साहस भरा कार्य वे ...
- स्वरूप क्या है?...? दूसरी संध्या सायंकाल को जब आप सोया करें तो उसके अन्तिम चरण का उच्चारण किया करें। जीवन के अन्तिम चर...
- स्वरूप से क्या मतलब है?...? स्वरूप से हमारा मतलब है- भावशक्ति। वह भावशक्ति, जिसकी आपको पूजा करनी है, उपासना करनी है, जिसका समर...
- स्वर्ग और नरक कहाँ है?...? क्या वस्तुतः मरणोत्तर जीवन में आत्मा ऐसे किसी लोक, नगर, ग्राम, या देश में परिभ्रमण करती है? ये सारी ...
- स्वर्ग और भी कोई रहा होगा क्या?...? रहा होगा यह बहस तो आपसे मैं नहीं कर सकता कि स्वर्ग था या नहीं था, पर मैं यह कहता हूँ कि स्वर्ग की जो...
- स्वर्ग कहाँ था?...? स्वर्ग हिमालय के उस इलाके में था जिसको 'नन्दनवन' कहते हैं। गोमुख से आगे। स्वर्ग जमीन पर था। सुमेरु प...
- स्वर्ग कहाँ था?...? स्वर्ग हिमालय के उस इलाके में था जिसको ''नंदनवन'' कहते हैं। गोमुख से आगे। स्वर्ग जमीन पर था। सुमेरु ...
- स्वर्ग कहाँ था?...? स्वर्ग हिमालय के उस इलाके में था जिसको ‘नन्दनवन’ कहते हैं, गोमुख से आगे। स्वर्ग जमीन पर था। सुमेरु प...
- स्वर्ग कहाँ रहेगा?...? जहाँ देवता रहेंगे। देवता ही स्वर्ग पैदा करते हैं। इमर्सन ने बहुत सारी किताबें लिखी हैं और प्रत्येक क...
- स्वर्ग कहाँ है?...? स्वर्ग की लम्बाई, चौड़ाई कितनी है? हमको नहीं मालूम। हमको तो जिन्दगी की जानकारी है, जमीन की जानकारी...
- स्वर्ग कहाँ है?...? स्वर्ग की लम्बाई, चौड़ाई कितनी है? हमको नहीं मालूम। हमको तो जिन्दगी की जानकारी है, जमीन की जानकारी ह...
- स्वर्ग का अवतरण सबसे पहले कहाँ होगा?...? परिवार में होगा, फिर वहाँ से व्यक्तियों में फैलेगा और समाज में फैलेगा। स्वर्गीय वातावरण वाले पारिवार...
- स्वर्ग का क्या करेंगे?...? बेटे! हमारा स्वर्ग इसी पृथ्वी पर है और यहीं है—हमारे दृष्टिकोण में, हमारे चिन्तन में। हम जहाँ कहीं भ...
- स्वर्ग किसे कहते हैं?...? स्वर्ग उसे कह सकते हैं, जिसमें आदमी को असीम सन्तोष मिलता रहता है। सन्तोष वहाँ मिलता रहता है, जहाँ मो...
- स्वर्ग किसे कहते हैं?...? जहाँ आदमी रहते हैं और आदमी-आदमी के बीच वे रिश्ते होते हैं, जिन्हें देखकर आदमी की हिम्मत बँध जाती है,...
- स्वर्ग की कामना हमको क्यों करनी पड़ती है?...? स्वर्ग की कामना करने की हमको जरूरत नहीं है। भगवा बुद्ध से एक बार लोगों ने पूछा-भगवान! क्या आप स्वर्ग...
- स्वर्ग की लम्बाई, चौड़ाई कितनी है?...? हमको नहीं मालूम। हमको तो जिन्दगी की जानकारी है, जमीन की जानकारी है। हमको जमीन की जिम्मेदारी जाननी...
- स्वर्ग की लम्बाई, चौड़ाई कितनी है?...? हमको नहीं मालूम। हमको तो जिन्दगी की जानकारी है, जमीन की जानकारी है। हमको जमीन की जिम्मेदारी जाननी ...
- स्वर्ग के बारे में मैंने तलाश किया कि आखिर किसके लिए बनाया गया है?...? स्वर्ग में कौन जा सकता है? तलाश करते-करते बहुत से प्रमाणों को ढूँढ़-ढाँढ़ करके यह निष्कर्ष निकाला कि...
- स्वर्ग कैसा होता है, आपको मालूम है?...? नहीं मालूम है, इसलिए मैं आपसे क्या कहूँ। मुक्ति किसे कहते हैं, आप बता सकते हैं? आप तो मुक्ति की कीमत...
- स्वर्ग कैसा होता है?...? हवाई जहाज जैसा होता है। साहब! स्वर्ग और हवाई जहाज में तो फर्क होता है। फर्क तो होता होगा, मैं यह नही...
- स्वर्ग को जाने के लिए जरूरी क्या है?...? एक बार ऐसा हुआ कि हजरत इब्राहिम जन्नत में गये, तो फरिश्तों ने कहा-आइये आपको जन्नत दिखाऊँ। फरिश्ता उन...
- स्वर्ग बनाये जाते हैं?...? बने बनाये कहीं नहीं हैं। बना बनाया स्वर्ग है कि नहीं, मुझे नहीं मालूम। कहीं है क्या? लोग रॉकेट से चा...
- स्वर्ग मे आप जाएँगे कि नहीं जाएँगे?...? ये बाद की बातें हैं लेकिन आपको अपने विचारों में एवं चहुँओर ऐसा नजारा दिखाई पड़ेगा, जिसको कि हम स्वर्...
- स्वर्ग में कौन जा सकता है?...? तलाश करते-करते बहुत से प्रमाणों को ढूँढ़-ढाँढ़ करके यह निष्कर्ष निकाला कि अगर स्वर्ग कहीं जीवन में ह...
- स्वर्ग में जाने वाले हैं?...? " तब उन्होंने कहा—"नहीं, ऐसी बात नहीं है। हम स्वर्ग और मुक्ति में नहीं जा सकते; क्योंकि जब तक संसार ...
- स्वर्ग में शान्ति का, परमार्थ का जीवन जीने के लिए क्या-क्या तकलीफें आ सकती हैं?...? ऐसा हम गायत्री नगर का उद्घाटन करते हैं। चूँकि हमारे गुरु ने यही दिया और उसके लिए वायदा किया कि तेरा ...
- स्वर्ग- मुक्ति कैसे पा सकेंगे?...? सद्गति और शान्ति कैसे पा सकेंगे?व्यक्तिगत जीवन की तरह ही हम यह देखते हैं कि इस दुनिया को सुंदर और समु...
- स्वर्गलोक में कौन-सी चीज की कमी है कि देवता जिस चीज को प्राप्त करना चाहें, तो क्यों नहीं प्राप्त कर सकते?...? देवता कोई अन्धे, अपाहिज, गूँगे, लूले या कोई भूखे-भिखारी थोड़े ही हैं, जो आप उन्हें सामान देंगे, मुर्...
- स्वर्गलोक में क्या रहता है?...? अमृत रहता है। हम आपको अमृतपान कराएँगे, जो आपने कभी नहीं किया है। अच्छा, कराइए। बस, चारों धाम यात्रा ...
- स्वर्गलोक में क्या रहता है?...? अमृत रहता है। हम आपको अमृतपान कराएँगे, जो आपने कभी नहीं किया है। अच्छा, कराइए। बस, चारों धाम यात्रा ...
- स्वस्थ बच्चा कैसे पैदा करेगी?...? अगर वह शारीरिक दृष्टि से स्वस्थ बच्चा पैदा भी कर दे तो वह बच्चा मानसिक सृष्टि से स्वस्थ नहीं हो सकता...
- स्वस्थ बनने का विचार न उठे, तो व्यायाम करने, मालिश करने और पुष्टिकारक आहार जुटाने का कष्टसाध्य श्रम और समयसाध्य कर्म मनुष्य क्यों करे?...? सत्याग्रह के दृढ़ विचारों से प्रभावित होकर ही महात्मा गाँधी स्वतंत्रता आन्दोलन में कूदे थे। विचारों ...
- स्वाति की बूँद कितनी महान होती है?...? वह सीप के मुँह में जा पड़ती है, तो मोती पैदा हो जाते हैं। नजदीक न हों तब? आपस में न मिलें तब? तब सीप ...
- स्वाति की बूँदों का ब्यौरा सुना है क्या?...? कि स्वाति की बूँदें सीप में पड़ जाती हैं मोती बन जाती हैं बाँस में पड़ती है वंशलोचन बन जाती हैं। केल...
- स्वाती की बूँद जब तक उसमें न पड़े सीप में तब तक आप क्या कर सकते हैं?...? कैसे उसमें मोती बनेगा? सीप तो पहले भी थी और बाद में भी रहेगी। सीप से मोती नहीं बनते। स्वाती और सीप क...
- स्वाधीनता संग्राम के बलिदानी सेनानी स्वर्ग से हमें पूछते हैं कि हमारा कारवाँ एक ही मंजिल पर पड़ाव डालकर क्यों रुक गया?...? आगे का पड़ाव सामाजिक असभ्यता के उन्मूलन का था, अगला मोर्चा वहाँ जमना था पर सैनिकों ने हथियार खोलकर क...
- स्वाधीनता संग्राम में जिन-जिन लोगों ने भाग लिया, उन स्वतन्त्रता सेनानियों को आप जानते ही हैं कि वे कौन-कौन हैं?...? उन्हें स्वतन्त्रता संग्राम सेनानी होने का सर्टीफिकेट मिला है; उन्हें पेंशन मिलती है। उनको सम्मान मिल...
- स्वाध्याय का मतलब क्या होता है?...? स्वाध्याय से मतलब आमतौर से लोग धार्मिक पुस्तकों को पढ़ने से निकालते हैं, पर वास्तविक मतलब यह नहीं है...
- स्वाध्याय की महत्ता को मैं क्या कम बताऊँगा क्या?...? न। सत्संग की महत्ता कम करने का मन है क्या? न। चिन्तन-मनन की महत्ता कम है क्या, न। लेकिन एक बात आप ध्...
- स्वाध्याय की, संयम की क्या जरूरत हो सकती है?...? अरे साहब! बड़ी मुश्किल आ जाएगी। हम अपने मन के ऊपर, विचारों के ऊपर कैसे नियंत्रण कर पाएँगे, कैसे संयम...
- स्वाभाविक हास परिहास में शास्त्री ने कहा-फूल देवताओं के लिये ही क्यों खिले क्या संसार में अन्य जीव तुच्छ हैं जो उन्हें सौन्दर्य और सुगन्ध से वंचित किया जाय?...? और पं० नेहरू को इसका कोई उत्तर न देते बना। (२) सरदार वल्लभ भाई ने अपनी माँ से देश सेवा की आज्ञा माँग...
- स्वामी जी की समझ में आ गया कि इसकी वजह क्या है?...? मेरे पास बस ज्ञान है। मुझे रामायण कहना आता है बस। ज्ञान से कुछ काम बनेगा क्या? ज्ञान से कुछ काम ...
- स्वामी जी क्या बता रहे थे?...? बताइये। स्वामी जी यह कह रहे थे कि आदमी चाहे जैसा भी हो, दुष्ट हो, पापी हो, दुराचारी हो, चाहे जैसा ...
- स्वामी जी ने कहा-भगवान् के पुत्र दुःखी हों और मैं उनका नाम-जप रहा होऊँ क्या तुम इसे ही उपासना समझते हो?...? पैसे की कमी के कारण जब वे रामकृष्ण आश्रम की जमीन बेचने को तैयार हो गये तो फिर एक शिष्य ने पूछा-महार...
- स्वामी जी ने पूछा - अरे भई ये क्या कहता है तू, गलत-सलत बात क्यों कहता है?...? नहीं, आपने मेरी (पीठ) सीने पर पैर रख दिया था रात को सीढ़ियों पे और फिर राम नाम कह दिया था बस मेरे लि...
- स्वामी जी ने पूछा-''तू गलत-सलत बात क्यों कहता है?...? '' कबीर ने कहा, ''नहीं आपने मेरे सीने पर पैर रख दिया था और आपने सीढ़ियों पर राम-राम कह दिया था। बस मे...
- स्वामी जी ने पूछा-तुम तो किसी सम्पन्न घर के लगते हो अख़बार क्यों बेचते हो?...? लड़के ने उत्तर दिया-हाँ श्रीमान् जी मेरे घर वाले सचमुच सम्पन्न हैं पर हम किसी के आश्रित नहीं रहना चाह...
- स्वामी जी ने पूछा—तू गलत-सलत बात क्यों कहता है?...? कबीर ने कहा—नहीं आपने मेरे सीने पर पैर रख दिया था और सीढ़ियों पर चढ़ते हुए राम-राम कह दिया था। बस मेरे...
- स्वामी जी ने लोटा तो जमीन पर रखा और साँड़ों से बोले—बड़े बेवकूफ हो, क्यों लड़ाई करते हो?...? भागते हो कि नहीं, आपस में ही लड़ोगे, क्या बात है? तुम्हारी क्या दुश्मनी है? साँड़ों ने कुछ नहीं सुना...
- स्वामी दयानंद की मूर्ति को उतारकर हम यदि उसका अपमान करने लगें तो क्या कोई आर्य समाजी को यह अच्छा लगेगा?...? जबान से भले ही न कहे, लेकिन बाद में बहुत गालियाँ देगा और लड़ने आयेगा और कहेगा कि आपने हमारे स्वामीजी ...
- स्वामी दयानंद के बारे में क्या बताऊँ आपको?...? आप सब जानते हैं। एक दिन दो साँड़ लड़ते हुए, टक्कर मारते हुए कहीं से आए। स्वामी दयानंद कान पर जनेऊ चढ...
- स्वामी दयानंद जी को इतने जबरदस्त आदमी क्यों मिले?...? क्योंकि वे स्वयं अपने भीतर आत्मबल का संबल लिए हुए थे। हम और आप जैसे होते, तो हमारे पास कोई कुत्ता ...
- स्वामी दयानन्द के विषय में सुना है आपने?...? एक बार दो साँड़ लड़ रहे थे। स्वामी जी ने उन खूनी साँड़ों को दोनों के सींग पकड़कर इस तरीके से दबोचा और फ...
- स्वामी रामतीर्थ ने कहा कि देखूँ तो सही, यह मालदारी कहाँ से आ गयी?...? कौन सी भगवान की कृपा हो गयी? हमारे हिन्दुस्तान वालों पर नहीं हुई और जापानियों पर हो गयी? क्या वजह ...
- स्वामी विवेकानन्द ने पूछा—महाराज जी आप जैसे ऋषि और आप जैसे महात्मा-सन्त को कैसे कैन्सर हो गया गले में?...? उन्होंने कहा बेटे तू जानता नहीं है, मैंने हिसाब रखा नहीं। मैं आशीर्वाद देता चला गया। तप की पूँजी कम ...
- स्वामीजी ने कहा-भगवान् के पुत्र दुःखी हों और मैं उनका नाम जप रहा होऊँ, क्या तुम इसे ही उपासना समझते हो?...? पैसे की कमी के कारण जब वे रामकृष्ण आश्रम की जमीन बेचने को तैयार हो गए तो एक शिष्य ने पूछा-महाराज आप ...
- स्वार्थ का भी समन्वय है?...? हाँ, बेटे! स्वार्थ का भी समन्वय है। यह मत समझना कि इसमें परमार्थ है। परमार्थ तो है ही। परमार्थ की दृ...
- स्वार्थ क्या है?...? स्वार्थ यह कि हम जीवन में तरक्की करें। तरक्की से हमको आत्मसन्तोष, यश मिलेगा और इतिहास के पन्नों पर हम...
- स्वार्थ प्रधान हो गया तो दूसरों की सुविधा-असुविधा अथवा न्याय-अन्याय की बात क्यों सोची जायेगी?...? अनास्था का जितना विस्तार हो रहा है उसी अनुपात से आदर्शवादिता का सारा ढाँचा लड़खड़ाने लगा है। जब ईश्व...
- स्वार्थ सिद्धि का क्या अर्थ है?...? आप अपने आत्मा से देवात्मा बन जाएँ, देवात्मा से परमात्मा बन जाएँ, ऋषि बन जाएँ, तपस्वी बन जाएँ और ऐतिह...
- स्वार्थों से डूबे हुए, कामनाओं से डूबे हुए, तृष्णाओं से डूबे हुए, लोभ से डूबे हुए, इन सब पाप पंकों में जलते हुए इंसान के पास पानी कहाँ है?...? पानी रहा होता तो उनकी आत्मा शान्त हो गई होती, तृप्त हो गयी होती। शीतलता का अनुभव जीवन में किया होता। ...
- स्वास्थ्य अच्छा उनका है तो खाना पकाने में क्यों सारा दिन लगाये रखें?...? थोड़े समय तक आप सब मिल कर खाना पका सकते हैं। बाकी समय में आप इस तरीके से (उनको) शिक्षा और संस्कारिता...
- स्वास्थ्य उनका अच्छा है ना?...? तो उन्हें सारे दिन, खाना बनाने में क्यों लगाए रखें खाना आप सब मिलकर थोड़े समय में पका सकते हैं। बाकी ...
- स्वास्थ्य की दृष्टि से, संगठन की दृष्टि से, साधना की दृष्टि से मैंने यह कैसे कर लिया?...? मित्रो! काम से, श्रम से मुझे इतना ज्यादा प्यार है, काम करते समय मुझे इतनी खुशी होती है, काम करने स...
- स्वास्थ्य के नियमों का जानना तो दूर रहा, वे यह भी नहीं जानतीं कि मक्खी व मच्छरों से उनको क्या हानि होती है?...? उनको तुम्हारी दुनियाँ से कोई मतलब नहीं, चाहे आबादी इससे चौगुनी हो जाए। एक बार एक महिला से पूछा गया क...
- स्वास्थ्य के लिए ढेरों पैसा चाहिए, फिर आपको लक्जरी के लिए यह पैसा कहाँ से आ जाता है?...? आप कोका-कोला कहाँ से पी लेते हैं? सवा रुपये का छाछ आप अपने बच्चों को नहीं पिला सकते? नहीं, साहब! ह...
- स्वास्थ्य को सुधारेंगे नहीं?...? जन सम्पर्क बढ़ायेंगे नहीं? सेवा के लिये कदम बढ़ायेंगे नहीं? जो काम करने हैं, करेंगे नहीं। नहीं साहब! ह...
- स्वास्थ्य कौन खराब करता है?...? वायरस। नहीं बेटे! वायरस नहीं। वायरस तो बहुत छोटा होता है और आदमी बहुत बड़ा होता है। वायरस को तो आदमी...
- स्वेटर मिट्टी का भी हो सकता है?...? नहीं, साहब! स्वेटर तो ऊन का होता है, ऊनी कपड़े का होता है। आपका कहना सही है, पर हमारा कहना आप से ज्य...
- सड़क पर आप निकलते हैं, मालूम नहीं आपके साथ में, पड़ोस में चलने वाला जो व्यक्ति है, चाकू आपको भोंक करके और आपकी घड़ी नहीं छीन ले जायेगा, इसका क्या विश्वास है?...? इंसान का चाल-चलन, इंसान का विचार इतना गन्दा और इतना घटिया हो गया है, कि अगर स्थिति यही बनी रहेगी तो क...
- सड़क पर कोई गाड़ी आप पर कीचड़ उछालती हुई गुजर जाये?...?
उत्तर- गीता के महावाक्यों को याद करेंगे। जो हुआ, अच्छा हुआ, जो हो रहा है- अच्छा हो रहा है। हम उसे द...
- सड़क पर कौन जाती है?...? गंगाजी पर कौन नहा रही है? सब वेश्या। श्री साहब! दुनिया में कोई सती, साध्वी, बेटी, माँ, बहन कोई है?? ...
- सड़क पर चलना चाहे तो कौन रोकता है?...? बादलों को निहारना चाहे तो कौन रोकता है? किसी चिड़िया के आगे दाना फेंकते हैं तो कौन रोकता है? किसी की...
- सड़क पर जब आप निकलते हैं तो मालूम नहीं कि आपके साथ पड़ोस में चलने वाला आपके चाकू भोंककर कब आपकी सम्पत्ति छीन लेगा, इसका क्या विश्वास है?...? इनसान का चाल-चलन, इनसान का विचार इतना गन्दा-घटिया हो गया है कि यह स्थिति अगर बनी रही तो कोई किसी पर ...
- सड़क पर मजमा लगाते थे?...? कान में से बन्दर निकालते थे? बेकार की बातें मत कहिए। वे सिद्धपुरुष थे कि नहीं थे? हाँ साहब! वे अपने ज...
- सड़कें देखी थीं?...? पैदल चला करते थे पगडण्डियों पर बेचारे। और, और गरीबी में दिन काटते थे। लेकिन हम पैसे की दृष्टि से सम्...
- सड़ती लाशों, खतरनाक जीवाणु, विषाणुओं के कारण महामारी फैलने से कौन रोक पायेगा?...? भावी प्रलय की सम्भवतः पूर्व तैयारी के हेतु ही दोनों ही महाशक्तियों ने डाई आक्सीन नापाम नामक रसायन आयु...
- सड़ी कीचड़ यथा स्थान बनी रहे तो मक्खी मच्छर पकड़ने, मारने, पीटने से क्या काम बने?...? रक्त में विषाक्तता भरी रहे तो फुन्सियों पर मरहम लगाने भर से क्या बात बने? एक सुधार पूरा होने से पूर्...
- सड़े हुए बदबूदार आदमियों को हम कहाँ कन्धे पर लिए फिरेंगे?...? मित्रो! इनको हम बैकुंठ का रास्ता कैसे दिखा देंगे? इनको हम स्वर्ग की कहानी कैसे कह देंगे? भगवान् ...
- सड़ेंगे वो स्वार्थी और फलेगा कौन?...? फलने वाला है परमार्थी। गंगा फलेगी और कौन देगा? हिमालय। अरे! हिमालय नहीं देगा तो दुनिया देगी। चम्बल न...
- हँसते हुए ही सामना क्यों न किया जाए?...? यह विचार उठे तो नहीं, बल पूर्वक उठाने पड़े। पूरा रास्ता डरावना था। एकाकीपन, अँधेरे और मृत्यु के दूत म...
- हँसना, बोलना, लिखना, पढ़ना, सोचना, परिवार, चिकित्सा, उद्योग, निवास, वाहन, मनोरंजन आदि के जितने जैसे सुविधा साधन मनुष्य को मिले हैं वैसे क्या और किसी प्राणी को उपलब्ध है?...? यों ईश्वर को सभी जीवन समान रूप से प्रिय हैं। वह सभी का पिता है, इसलिए सभी के प्रति उसे सकरुण और पक्ष...
- हँस का क्या होता है?...? अरे महाराज जी! हँस का तो कचूमर निकल जाएगा। गायत्री माता हँस पर बैठेंगी, तो क्या हो जाएगा? हँस पर बैठ...
- हँस कितना बड़ा होता है?...? छोटा सा होता है। और गायत्री माता कितनी बड़ी होती हैं? गायत्री माता बेटे बीस साल की हैं। गुरुजी! बीस...
- हँस किसे कहते हैं?...? हँस के ऊपर गायत्री माता सवारी करती है, यह बात शायद आपकी समझ में न आये क्योंकि इनसान के बराबर जिनका ...
- हँस किसे कहते हैं?...? हँस के ऊपर गायत्री माता सवारी करती हैं। ये बात शायद आपकी समझ में न आये क्योंकि इंसान के बराबर शरीर ज...
- हँस किसे कहते हैं?...? हँस एक प्रतीक है। तू समझता क्यों नहीं है? अरे ये प्रतीक है। हँस पर गायत्री नहीं बैठ सकती। हँस पर कैस...
- हँस किसे कहते हैं?...? हँस एक प्रतीक है। तू समझता क्यों नहीं है। अरे ये प्रतीक हैं। हँस पर गायत्री नहीं बैठ सकती। हँस पर कै...
- हँस की कैसी होती है?...? हँस कीड़े, नहीं खाता। वह मोती खाता है अर्थात जो मुनासिब है, जो ठीक है, जो उचित है, उसको करेगा, पर जो ...
- हँस की कैसी होती है?...? हँस कीड़े नहीं खाता। वह मोती खाता है अर्थात् जो मुनासिब है, जो ठीक है, जो उचित है, उसको करेगा, पर जो ...
- हँस कैसा होता है?...? राजहंस। राजहंस और परमहंस। परमहंस और राजहंस में परमहंस ज्यादा ऊँचे स्तर के हैं। और सामान्य मनुष्य, जि...
- हँस कैसे होते हैं?...? वे हर समय नीर और क्षीर का विवेक करते रहते हैं। आप दूध और पानी मिलाकर रखिए। वे दूध- दूध पी जायेंग...
- हँस क्या खाता है?...? मोती खाता है, कीड़े नहीं खाता है। अर्थात् जो चीजें मुनासिब हैं, सही हैं, वह उन्हीं को अपनी जिन्दगी में...
- हँस क्या होता है?...? बेटे हँस एक पखेरू होता है। और मनुष्य कौन होता है? मनुष्य राजहंस होता है, परमहंस होता है। परमहंस उस...
- हँस पर कैसे बैठ सकती है, हँस तो जरा सा होता है और गायत्री कितनी बड़ी होती है, बता और इतनी बड़ी गायत्री हँस पर बैठेगी, तो क्या हो जाएगा बेचारे का?...? बेचारे का कचूमर निकल जाएगा। हँस पर क्या करेगी बैठकर? गायत्री को बैठना होगा तो मोटर मँगा देंगे। हैलिक...
- हँस पर कैसे बैठ सकती है, हँस तो जरा-सा होता है और गायत्री कितनी बड़ी होती है बता और इतनी बड़ी गायत्री हँस पर बैठेगी तो क्या हो जाएगा बेचारे का?...? बेचारे का कचूमर निकल जाएगा। हँस पर क्या करेगी बैठकर? गायत्री को बैठना होगा तो मोटर मँगा देंगे, हैलीक...
- हँस पर क्या करेगी बैठकर?...? गायत्री को बैठना होगा तो मोटर मँगा देंगे। हैलिकाप्टर मँगा देंगे। गायत्री माँ को बैठना होगा तो हवाई ज...
- हँस पर क्या करेगी बैठकर?...? गायत्री को बैठना होगा तो मोटर मँगा देंगे, हैलीकॉप्टर मँगा देंगे। हवाई जहाज दिला देंगे। गायत्री माँ क...
- हँस पर सवार होगी और किस पर सवार होगी?...? कौवे पर। नहीं महाराज जी, कौवे पर नहीं हो सकती गायत्री, हँस पर सवार होती है। हँस किसे कहते हैं? हँस ए...
- हँस पर सवार होगी और किस पर सवार होगी?...? कौवे पर। नहीं महाराज जी, कौवे पर नहीं हो सकती गायत्री, हँस पर सवार होती है। हँस किसे कहते हैं? हँस ए...
- हँस में क्या बात है, बताइए?...? हँस में दो विशेषताएँ हैं। एक विशेषता यह है कि दूध और पानी का अलग कर देता है, दूसरी विशेषता यह है कि ...
- हँस से आपका क्या मतलब है?...? बेटे, हँस से हमारा मतलब यह है कि गायत्री महामंत्र जिसके ऊपर सवार हो अथवा गायत्री माता जिसके ऊपर ...
- हँस से क्या मतलब है?...? हँस से मतलब है वह व्यक्ति, जो धुला हुआ हो। जिसने अपने कपड़ों को धोकर साफ-सुथरा बनाया हो। हँस से मतलब...
- हँस से क्या मतलब है?...? हँस से मतलब है वह व्यक्ति, जो धुला हुआ हो। जिसने अपने कपड़ों को धोकर साफ-सुथरा बनाया हो। हँस से मतलब ...
- हँस हँसिनी कहने लगे कि इस जमाने का सबसे बड़ा ब्रह्मज्ञानी कौन हो सकता है?...? उसने किसी एक ऋषि का नाम लिया। उसने कहा कि इस जमाने का सबसे बड़ा ऋषि गाड़ी वाला रैक्य है। राजा को चैन न...
- हँस-हँसिनी कहने लगे कि इस जमाने का सबसे बड़ा ब्रह्मज्ञानी कौन हो सकता है?...? उसने किसी एक ऋषि का नाम लिया। उसने कहा कि इस जमाने का सबसे बड़ा ऋषि गाड़ी वाला रैक्य है। राजा को चैन...
- हज के लिए किराया फिर कहाँ से लाएँगे?...? अब हमारे लिए हज जाना मुश्किल है।" यह कौन कह रहा है? बगदाद की जमीला कह रही है।
हज कबूल हुआ
...
- हज के लिए किराया फिर कहाँ से लाएँगे?...? अब हमारे लिए हज जाना मुश्किल है।" यह कौन कह रहा है? बगदाद की जमीला कह रहीं है। हज कबूल हुआ खुदा...
- हजम कर लीजिए न?...? नहीं साहब! उसे पीने से उल्टी हो जायेगी, मुँह और नाक में से निकल जायेगी। तो पीने की चीज हुई क्या? नही...
- हजरत इब्राहिम ने कहा—जो हमारा हक है, उसके अलावा हम क्यों खाएँगे?...? बेईमानी का पैसा क्यों खाएँगे? चोरी का पैसा क्यों खाएँगे? छिपा हुआ क्यों खाएँगे? आज तक हमने ऐसी कोई च...
- हजरत इब्राहिम ने कहा—हमें क्या पता कि कौन से फल मीठे हैं और कौन से खट्टे हैं?...? जमीन पर जो फल गिर जाते हैं, वे मीठे होते हैं।
मित्रो! हजरत इब्राहिम ने कहा—जो हमारा हक है, उसके ...
- हजरत ने पूछा—क्यों?...? सन्त क्यों नहीं आते? सन्त दुनिया में हैं नहीं क्या? सन्त हैं तो सही, पर कोई आने को तैयार नहीं होता। क्य...
- हजामत नहीं खिलाओ, जलेबी खिला दो तो?...? जलेबी नहीं खाएगी, हजामत खाएगी और हजामत नहीं खिलायी, उसको बाल नहीं खिलाये, तो सबको मार डालेगी। किसको ...
- हजार का कैसा रहेगा?...? नहीं बेटे, मैं हजार को कन्ट्रोल नहीं कर सकता। इसलिए बना कर क्या करूँगा?महाराज जी! आप इमारत बनवा ली...
- हजार कुण्डीय यज्ञ तो बड़ा जबरदस्त होगा, आपने पैसे का इंतजाम किया क्या?...? बेटे, देखता हूँ, करूँगा, जो भी करना होगा, कर लूँगा। मैंने बोया और मैंने काटा लेकिन मित्रो! अभी मै...
- हजार फन वाला क्या है?...? सहस्रार चक्र है। एनाटॉमी के हिसाब से भी यह साबित होता है और आध्यात्मिक सिद्धान्त से भी सिद्ध होता है...
- हजार बार सोचना चाहिए कि क्या हमारा जीवन प्रभु की इच्छाओं पर चलने वाला जीवन है?...? हमें जो विभूतियाँ मिली थीं, सामर्थ्य मिली थीं, उन्हें क्या हम मानव जीवन और भगवान के उद्देश्यों के अन...
- हजार यज्ञ किसे कहते हैं?...? अभी बस और सुनते जाइए।...
- हजारी किसान का नाम सुना है न आपने?...? आपने उस पिसनहारी का नाम सुना है न? जिसने पिसाई में से दो पैसे रोज बचा कर के एक ऐसा पक्का कुआँ बनवा द...
- हजारी किसान पढ़ा-लिखा नहीं था?...? हाँ बेटे ! पढ़ा-लिखा नहीं था। अमीर था? नहीं था। विद्वान था? नहीं, विद्वान भी नहीं था। ज्ञानी था? भक्...
- हजारी किसान पढ़ा-लिखा नहीं था?...? हों बेटे! पढ़ा लिखा नहीं था। अमीर था? नहीं था। विद्वान था? नहीं, विद्वान भी नहीं था। ज्ञानी था? भक्त ...
- हजारों इंच वर्षा हो गई, पर घास का एक तिनका तक पैदा नहीं हुआ तो क्या यह शिकायत गलत है?...? बिलकुल सही है। सौ फीसदी सही है। यह बादलों का बड़ा अन्याय व पक्षपात है। ये कहीं हरियाली पैदा करते हैं,...
- हजारों की संख्या में कालेज जाने वाली छात्राओं को यह अहसास तो अवश्य होता है कि दुनिया कैसी है, देश कैसा है, क्या बन रहा है और क्या बनेगा?...? लेकिन उसके बनाने में यह युवा पीढ़ी कितना योगदान कर सकती है, इससे वे अनभिज्ञ है। वे आधुनिकता का नकली ...
- हजारों, लाखों वर्ष हो गये, कितनी सभ्यताएँ आयीं?...? कितनी समुद्र की लहरें आयीं, कितने तूफान आये, कितनी आँधियाँ आयीं। हमारे देश और हमारी संस्कृति पर कि...
- हड्डियों में लोहा कितना है?...? इसमें से एक बड़ी कील बनाने लायक लोहा मिल सकता है। यह कितने पैसे का हो सकता है? दस पैसे का हो सकता है...
- हड्डियों में लोहा कितना है?...? इसमें से एक बड़ी कील बनाने लायक लोहा मिल सकता है। यह कितने पैसे का हो सकता है? दस पैसे का हो सकता है।...
- हड्डी में से खून निकलता है क्या?...? नहीं, वह तो लकड़ी के बराबर है और सूखी पड़ी है। उसमें से क्या खून निकलने वाला है? खून तो हमारे भीतर...
- हड्डी से गायत्री मंत्र?...? अरे बेटे! यह तो रुद्राक्ष से जपा जाता है, हड्डी से नहीं। इन्हें उखाड़ दे। डॉक्टर के पास जाना और यह क...
- हड्डी से गायत्री मंत्र?...? अरे बेटे! यह तो रुद्राक्ष से जपा जाता है, हड्डी से नहीं। इन्हें उखाड़ दे। डॉक्टर के पास जाना और यह क...
- हत भाग्य नारी स्वयं के विकास के लिए, अपने भाग्योदय के लिए प्रयास करने में समर्थ नहीं है तब वह कुशल माता कैसे बन सकती है?...? यह आश्चर्य नहीं। नर के द्वारा इस अधिकार से वंचित रखने की अदूरदर्शिता के दुष्परिणाम स्वरूप सारे समाज ...
- हत्या के लिए धर्म में क्या स्थान है?...? खून पीने को क्या स्थान है? कत्ल करने के लिए धर्म से क्या ताल्लुक है? ये तो घोर नृशंस पाप है, पिशाचपन...
- हत्याएँ आप नहीं पढ़ते?...? और इन्सान का एक-दूसरे इन्सान के तईं जो व्यवहार है उसको आप नहीं देखा नहीं है? पढ़ा नहीं है? आप सब जानत...
- हथेली पर जरा सा पानी और उसमें पाँचों उँगलियाँ?...? इससे क्या हो जाएगा? इससे तो ओष्ठ भी नहीं साफ होंगे। इससे तो अच्छा है कि ओष्ठ पर क्रीम लगा ले, वेसलीन...
- हथेली पर जरा सा पानी और उसमें पाँचों उँगलियाँ?...? इससे क्या हो जाएगा? इससे तो होठ भी नहीं साफ होंगे। इससे तो अच्छा है कि होठ पर क्रीम लगा ले, वैसलीन ल...
- हथेली पर सरसों कहाँ जमती है?...? इसके लिए किसान जैसी कर्मठता अपनानी पड़ती है। आजीविका की स्थिर और समुचित व्यवस्था के लिए मनुष्य को बुद...
- हथौड़ा तो चलाया कीजिए?...? नहीं साहब! हम तो माला चलाते हैं। माला में कितनी मशक्कत करनी पड़ती है? माला चलाने में तो कुछ भी मेहन...
- हथौड़ी के बिना लुहार, बाजे के बिना वादक अपने कौशल का परिचय कैसे देगा?...? उस्तरा न हो तो नाई किस प्रकार किसी की हजामत बनाए?बीज की महत्ता सर्वविदित है। उसके बिना न खेती होती ह...
- हनुमान जी का लाल- गुलाबी रंग चढ़ेगा कैसे?...? श्रीकृष्ण भगवान का हरा रंग चढ़ेगा कैसे? उपासना का मर्म वस्तुतः उपासना वहाँ से प्रारम्भ होती है, जहाँ स...
- हनुमान अपने आप को नहीं जानते थे कि वे कौन हैं?...? हनुमान जी को जब सुग्रीव ने यह पता लगाने के लिए भेजा कि राम-लक्ष्मण कौन हैं, तो वे अपना वेष बदलकर ब्र...
- हनुमान अपने आप को नहीं जानते थे कि वे कौन हैं?...? हनुमान जी को जब सुग्रीव ने यह पता लगाने के लिए भेजा कि राम-लक्ष्मण कौन हैं, तो वे अपना वेश बदलकर ब्र...
- हनुमान कहाँ तैयार थे?...? उनकी जान बचने वाली कहाँ थी? हनुमान को जान बचाने का एक ही तरीका था—छोटा बनना। अन्त में उनको समझ आई। अं...
- हनुमान का पर्वत उखाड़ना, समुद्र लाँघना और लंका उजाड़ना उनकी निजी सामर्थ्य से सम्भव हो सकता था यह किस प्रकार माना जाय?...? यदि वे इतने ही समर्थ थे तो अपने स्वामी सुग्रीव को बालि के त्रास से क्यों न छुड़ा सके? अर्जुन यदि सचमु...
- हनुमान की प्रशंसा मैं क्यों करूँगा?...? क्या मैं हनुमान जी का कोई कमीशन एजेंट हूँ? तो फिर हनुमान जी की बात क्यों कर रहे हैं? अरे भाई! मैं हन...
- हनुमान को आप नहीं जानते?...? हनुमान जी का ब्रह्मचर्य था, जिससे कि वे सामान्य बन्दर से हनुमान बन सके। शंकराचार्य के बारे में यही क...
- हनुमान कौन थे?...? सुग्रीव के वफादार नौकर का नाम था हनुमान। सुग्रीव को जब उसके भाई ने मार-पीट कर भगा दिया, बीवी-बच्चे छ...
- हनुमान क्या हैं?...? बेटे, वह एक मॉडल हैं, एक उद्देश्य हैं, एक लक्ष्य हैं और एक इष्ट हैं। इष्ट माने लक्ष्य, लक्ष्य माने...
- हनुमान चालीसा का पाठ कैसे किया था?...? बेटे! तू बड़ा पागल और जाहिल आदमी है। जाहिल और पागल मैं इसलिए कहता हूँ कि तू केवल कर्मकाण्डों की बावत ...
- हनुमान चालीसा पाठ करने वालों ने कितनों का भला किया है?...? ब्राह्मणों ने भला किया है, सन्तों ने भला किया है? ब्राह्मणों की वाणी में, सन्तों की तपस्या में बल ...
- हनुमान चालीसा पाठ करने वालों ने कितनों का भला किया है?...? ब्राह्मणों ने भला किया है, सन्तों ने भला किया है? ब्राह्मणों की वाणी में, सन्तों की तपस्या में बल हो...
- हनुमान जी ऐसे होते हैं?...? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। और कितनी विशेषताएँ हमारे अन्दर हैं। इनमें से एक-एक गुण, एक-एक कर्म, एक-एक आदत...
- हनुमान जी ऐसे होते हैं?...? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। और कितनी विशेषताएँ हमारे अन्दर हैं। इनमें से एक-एक गुण, एक-एक कर्म, एक-एक आदत...
- हनुमान जी की कहीं आपने शक्ल देखी है?...? जब इतने बड़े-बड़े महापुरुष और भगवान के अवतार दुनिया में नहीं रहे, तो और कौन रहेगा? अगर अमृत कहीं रहा ह...
- हनुमान जी की ताकत स्वयं की उपार्जित थी?...? नहीं, स्वयं की उपार्जित नहीं थी। स्वयं की रही होती, तो उन्होंने सुग्रीव की मदद जरूर की होती। सुग्रीव...
- हनुमान जी की नाक घिसता है?...? हाँ हनुमान जी की नाक को घिसकर ठीक करता हूँ। ये बेटे मनुष्यों के बनाये हुए भगवान हैं। मनुष्यों के बना...
- हनुमान जी की मूर्तियाँ कैसे बनायीं?...? हनुमान जी की मूर्तियाँ उन्होंने गाँव में पड़े हुए पत्थरों के टुकड़ों से स्थानीय कारीगरों के माध्यम से ...
- हनुमान जी की मौत हो गई?...? नहीं बेटे! शरीर से तो सबको मरना ही पड़ा था, पर मैं समझता हूँ कि हनुमान जी की मौत नहीं हो सकती। मेरा ...
- हनुमान जी के पास हम कैसे जायें?...? हनुमान जी के दर्शन हो जायँ, तो उनसे कहेंगे कि आप हमें रामचंद्र जी से मिला दीजिए। वे हनुमान जी को मिल...
- हनुमान जी के बारे में आपका क्या ख्याल है?...? आप तो बेकार की बात करते हैं। हनुमान जी होते, तो हमको क्यों नहीं दिखाई पड़ते? आप हिंदुओं तक ही सीमित ...
- हनुमान जी को जब सुग्रीव ने यह पता लगाने के लिए भेजा कि राम-लक्ष्मण कौन हैं, तो वे अपना वेश बदलकर ब्राह्मण का रूप बनाकर गए थे और नमस्कार करके उनसे पूछने लगे कि आप कौन हैं?...? लेकिन राम उन्हें जानते थे, इसीलिए पता लगाते-लगाते, हनुमान जी को तलाश करते, अंगद को तलाश करते वे ऋष्य...
- हनुमान जी को जब सुग्रीव ने यह पता लगाने के लिए भेजा कि राम-लक्ष्मण कौन हैं, तो वे अपना वेष बदलकर ब्राह्मण का रूप बनाकर गए थे और नमस्कार करके उनसे पूछने लगे कि आप कौन हैं?...? लेकिन राम उन्हें जानते थे, इसीलिए पता लगाते-लगाते, हनुमान जी को तलाश करते, अंगद को तलाश करते वे ऋष्य...
- हनुमान जी को दौलत मिली कि नहीं मिली?...? रामचन्द्र जी के कितने मन्दिर हैं, जरा हिसाब लगाइये। मैं समझता हूँ कि हिन्दुस्तान में रामचन्द्र जी के...
- हनुमान जी को पकड़ लेंगे?...? नहीं, हनुमान जी भी पकड़ में नहीं आएँगे और रामचंद्र जी तो, भला कैसे पकड़ में आ सकते हैं? वे भी नहीं आएँ...
- हनुमान जी को स्वर्ग मिला होगा?...? आपका स्वर्ग से कुछ वास्ता है क्या? आप तो ताकत की बात पूछते हैं, दौलत की बात पूछते हैं। हनुमान जी को ...
- हनुमान जी को, सीता जी ने मणिमाला दी और वे चबा-चबाकर फेंकने लगे, तो सीता जी ने पूछा—हमने इतनी कीमती माला आपको दी है, आप इसको क्यों फेंकते हैं?...? हनुमान जी ने कहा—हमारे हृदय में भगवान विराजमान हैं। अरे! हृदय में भगवान कैसे विराजमान हो सकते हैं? ह...
- हनुमान जी तो मर गए थे?...? नहीं बेटे! जिस तरीके से मैं मरने की व्याख्या करता हूँ, उस हिसाब से वे जिन्दा हैं।
[क्रमश:-अगल...
- हनुमान जी नहीं बने?...? नहीं साहब हनुमान जी नहीं बन सकते। तो आप छैनी की क्या करामात कह रहे थे? फिर आप हथौड़े की करामात क्या ...
- हनुमान जी नहीं बने?...? नहीं साहब, हनुमान जी नहीं बन सकते। तो आप छेनी की क्या करामात कह रहे थे? फिर आप हथौड़े की करामात क्य...
- हनुमान जी ने अनुष्ठान किये थे?...? जप किये थे? तप किये थे? ध्यान-धारणा की थी? सुग्रीव जी ले आये थे, कुछ नहीं की थी। बन्दर थे खाली तब। ज...
- हनुमान जी ने कहा कि ये हमारा काम नहीं है, आप हमें बेकार क्यों तंग करते हैं?...? हम लड़के इनके पास कैसे भेज सकते हैं? जब हमारे ही लड़के नहीं हैं, तो हम इनकी कैसे मदद करें? अगर हम अपने...
- हनुमान जी ने कहा—अच्छा हम हनुमान जी हैं, तो क्या बात है?...? हमको कैसे पकड़ लिया? इसलिए पकड़ लिया कि आप रामचंद्र जी से मुलाकात करा दीजिए। बस, उसके बाद में रामचंद्र...
- हनुमान जी ने क्या किया?...? हाथ जोड़कर नमस्कार किया। किनको? राजपूत को। ये भी कोई ब्राह्मण है, जिसे एटीकेट का पता ही नहीं है। कैसे...
- हनुमान जी ब्राह्मण का रूप बनाकर उनके सामने गए थे कि कहीं ऐसा न हो कि हमारे साथ मार-पीट होने लगे, तो क्या हनुमान जी कमजोर थे?...? न होते तब बालि के साथ लड़ाई की होती और अपने बॉस की बीबी को नहीं छिनने दिया होता और अपनी जायदाद नहीं छ...
- हनुमान जी होते, तो हमको क्यों नहीं दिखाई पड़ते?...? आप हिंदुओं तक ही सीमित क्यों रह जाते? हमारे यहाँ क्यों नहीं आते? सब बेकार की बकवास है।
मित्रो! ई...
- हनुमान जी, रामचंद्र जी के पास बैठे और हर समय रामचंद्र जी से एक ही बात मालूम करते रहे कि आप हुक्म दीजिए, मैं आपके लिए क्या कर सकता हूँ?...? उनका इम्तिहान लेने के लिए कड़े-से और असम्भव-से काम भगवान ने हनुमान जी को सौंपे। एक बार हुक्म दिया, तो...
- हनुमान ने कितनी उपासना की थी, कितनी कुण्डलिनियाँ जगायी थीं?...? यह हम नहीं कह सकते हैं, परन्तु उन्होंने भगवान् का काम किया था। नल-नील ने, जामवन्त ने, अर्जुन ने कि...
- हनुमानजी को आप नहीं जानते?...? हनुमानजी का ब्रह्मचर्य था। ब्रह्मचर्य था जिससे की सामान्य बन्दर से हनुमान बन सके। शंकराचार्य — शंकरा...
- हनुमान् को तो इस बात की तमीज नहीं है कि हमको मनोकामना पूरी करते समय पे ये विचार करना चाहिए कि कौन मुनासिब माँग रहा है, कौन गैर मुनासिब माँग रहा है?...? कौन ड्यू माँग रहा है, कौन अन्ड्यू माँग रहा है? अब बताइये। हमारी मनोकामना पूरी करके पड़ोसी को मारेगा क...
- हनुमान् जी का मन्दिर क्यों बनायेगा?...? हनुमान जी का मन्दिर इसलिए बनायेगा कि इस जमाने में हनुमान् जी की मठिया बना देंगे आठ सौ रुपये की, तो उस...
- हनुमान् जी को पकड़ लेंगे?...? नहीं, हनुमान् जी भी पकड़ में नहीं आएँगे और रामचंद्र जी तो, भला कैसे पकड़ में आ सकते हैं? वे भी नहीं ...
- हम क्यों आपरेशन करायें?...? जब हम बीमार ही नहीं पड़ते, तो आपरेशन कराने की जरूरत ही क्या है?राजा बहुत नाराज हुए। उसने कहा कि आप ...
- हम अच्छी तरह से जानते हैं कि पूजा से, भजन से, सिद्धियों से तेरा क्या मकसद है?...? साधना से क्या मकसद है? यह मैं सब अच्छी तरह जानता हूँ। तू जो देखना चाहता है, वह तो मैं इसी तरह दिखा स...
- हम अच्छे कपड़े पहनेंगे, तो औरों को क्या पहनाएँगे?...? यह क्या बात है? यह गरीबी है, जिसमें आदमी कमाता तो है, पर स्वयं खाने का जायका लेने की अपेक्षा खिलान...
- हम अनुष्ठान करेंगे और एक बहुत ऊँचा मंच बनाएँगे और कल से ही आशीर्वाद देना शुरू करेंगे और क्या करेंगे?...? जो कोई भी इस कुंभ मेले में आया हो और जो कोई हमारी वाणी सुन रहा हो, उन सबकी आमदनी दूनी हो जाए...
- हम अपना मुँह शीशे में देखते हैं, तो कितनी खुशी होती है, आप ये भी नहीं जानते?...? इसमें जनता के सहयोग का कितना ज्यादा लाभ भरा पड़ा है, क्या आप इसे नहीं जानते? अगर आप हकीकत में आएँ तो...
- हम अपना ही तेज, ओजस, बल सर्वस्व जला, गला कर कुछ क्षण का घिनौना मनोरंजन करें इससे क्या बनेगा?...? क्या मिलेगा? दूसरे से कुछ पाने में लाभ की बात सोची जा सकती है। चोरी, उठाईगीरी आदि से कुछ तो लाभ होता...
- हम अपनी आध्यात्मिक उन्नति के लिये क्या करें?...?
गुरुदेवः-सतत सम्बन्ध, सतत प्रयास।
प्रश्नः-आत्मा की आवाज कैसे सुनी जाय?
गुरुदेवः-अपना परिष्कार कर...
- हम अपनी प्रामाणिकता को खो दें क्या?...? वे बराबर उस भीड़ में खोजते रहे और खोज करके ही निकाला। वह राष्ट्रपिता थे न। गुरुजी कौन हैं?
बेटे! ...
- हम अपनी प्रामाणिकता को खो दें क्या?...? वे बराबर उस भीड़ में खोजते रहे और खोज करके ही निकाला। वह राष्ट्रपिता थे न। गुरुजी कौन हैं? बेटे! गुर...
- हम अपनी भुजाओं को किसलिए स्पर्श करते हैं?...? हम इसलिए स्पर्श करते हैं कि हमारी भुजाएँ हमेशा परिश्रमी बनी रहें। श्रमशील बनी रहें; कर्तव्यपरायण ब...
- हम अपनी भुजाओं को किसलिए स्पर्श करते हैं?...? हम इसलिए स्पर्श करते हैं कि हमारी भुजाएँ हमेशा परिश्रमी बनी रहें। श्रमशील बनी रहें; कर्तव्यपरायण बनी...
- हम अपनी माँ को गन्दी आँख से कैसे देख सकते हैं?...? दुर्गा—अम्बाजी नवरात्र में हमारे सामने सयानी लड़की के रूप में आ जायें, तो क्या हम उन्हें गन्दी आँख से ...
- हम अपनी मान्यताएँ, अपना दृष्टिकोण बदलें अन्यथा ऐसी स्थिति में मनुष्य का जीवन कैसे चल सकता है?...? हमने अपनी जिन्दगी में ही अपने बीबी-बच्चों को अनाथ कर दिया। उनके भविष्य में गुजारे का भी कोई प्रबन्ध ...
- हम अपने आप को जब भगवान के सुपुर्द कर देते हैं, तो क्या हो जाता है?...? स्वभावतः भगवान अपने आप को सुपुर्द कर देता है। हम दोनों एकदूसरे के सुपुर्द हो जाते हैं और हमारे जीवन ...
- हम अपने कुटुम्ब को कुछ और मजबूत बनाना चाहते हैं, सक्षम बनाना चाहते हैं, लेकिन हम क्या कर सकते हैं?...? आप चाहें, तो झोला पुस्तकालय के माध्यम से, चल पुस्तकालय के माध्यम से इसे अकेले ही चला सकते हैं। तीर...
- हम अपने कुटुम्ब को कुछ और मजबूत बनाना चाहते हैं, सक्षम बनाना चाहते हैं, लेकिन हम क्या कर सकते हैं?...? आप चाहें तो होता पुस्तकालय के माध्यम से, चल पुस्तकालय के माध्यम से, इसे अकेले ही चला सकते हैं। तीर्थ...
- हम अपने गुरु से, भगवान से जुड़ गए तो आप देख रहे हैं कि हमारे अन्दर क्या क्या चीजें हैं?...? आप कृपा करके मछली पकड़ने वालों, चिड़िया पकड़ने वालों के तरीके से मत बनना और न इस तरह की उपासना करना जो ...
- हम अपने जवान कुटुम्ब से क्या कराना चाहते थे और क्या करा सकते हैं?...? क्या सम्भावना है? हाँ, सौ फीसदी सम्भावना है। महाराज जी! आप तो ऐसे ही सपने देखते हैं। हाँ बेटे, हमने सप...
- हम अपने जवान कुटुम्ब से क्या कराना चाहते थे और क्या करा सकते हैं?...? क्या सम्भावना है? हाँ, सौ फीसदी सम्भावना है। महाराज जी! आप तो ऐसे ही सपने देखते हैं। हाँ बेटे, हमने ...
- हम अपने पास पड़ोस का कितना ध्यान रखते है?...? अपने देशवासियों के प्रति हमारे अन्दर कितनी सहानुभूति है? राष्ट्रीय सम्पत्ति के सदुपयोग का कितना ध्या...
- हम अपने मन के ऊपर, विचारों के ऊपर कैसे नियंत्रण कर पाएँगे, कैसे संयम कर पाएँगे?...? यह तो बहुत कठिन है। तो क्या करेंगे? बस, वही सबसे सरल वाला हिस्सा पकड़ लिया है। यह भूल गए कि उपासना च...
- हम अपने मन के ऊपर, विचारों के ऊपर कैसे नियंत्रण कर पाएँगे, कैसे संयम कर पाएँगे?...? यह तो बहुत कठिन है। तो क्या करेंगे? बस, वही सबसे सरल वाला हिस्सा पकड़ लिया है। यह भूल गए कि उपासना च...
- हम अपने लिए अनावश्यक कामों में, विलासिता में और दूसरी फजूलखरची में खरच कर दें, उसकी अपेक्षा यह पैसा कहाँ खरच हो सकता है?...? इसका क्या उपयोग हो सकता है? उसको प्राथमिकता दें। हमारी अकल ने यह अध्यात्म हमारे ऊपर लाद दिया।
...
- हम अपने सारी जिन्दगी धन कमाने के लिए क्यों लगायें?...? हमको अच्छे काम क्यों नहीं करने चाहिए और भगवान की आज्ञा के अनुसार विश्व में शान्ति लाने के लिए कोशिश ...
- हम अपरिग्रही हैं तो क्या करते हैं?...? हम तो साहब! बैठे रहते हैं। हमारे पास कुछ है नहीं। नहीं बेटे! अपरिग्रह का अर्थ यह नहीं है, अपरिग्रह क...
- हम अपरिग्रही हैं तो क्या करते हैं?...? हम तो साहब! बैठे रहते हैं। हमारे पास कुछ है नहीं। नहीं बेटे! अपरिग्रह का अर्थ यह नहीं है, अपरिग्रह क...
- हम अब तक क्या कर चुके हैं?...? इस सभी के लिए भगवान् की क्या प्रेरणा जुड़ी हुई है? इसके लिए स्मारिका छापनी चाहिए। स्मारिका से क्या ...
- हम अभ्यास की बाबत क्या कह सकते हैं?...? रोम में कैदियों को एक ऐसे बन्द कमरे में रखा जाता था, जहाँ रोशनी भी नहीं पहुँचती थी। जब उन्हें रिहा क...
- हम आज की सुख- सुविधाओं के लिए, आज की ऐय्याशी के लिए हम अपने भविष्य को, अपने बुढ़ापे को कैसे कमजोर बना रहे हैं?...? इससे आगे का रास्ता हमें सूझ ही नहीं पड़ता, मौत दिखाई नहीं पड़ती, परलोक दिखाई नहीं पड़ता। भविष्य दिखाई...
- हम आज महामानव हैं, हम बता नहीं सकते कि हम कौन हैं?...? परन्तु जहाँ से हमें मिला है वह हमारा सौभाग्य है, जिससे हम कहाँ से कहाँ पहुँच गये? यह हमारे गुरु का श...
- हम आप से अलग कहाँ हैं?...? बच्चों से अलग माँ-बाप रहेंगे कहीं? नहीं, कभी भी नहीं रह सकते।
बेटे! आपके, हमारे गुरु और शिष्य के जो...
- हम आपकी क्या पिटाई करेंगे?...? हम भी चोर हैं और आप भी चोर हैं। ये कौन हैं? ये बनिया है। ये बहुत मक्कर है। इसने बहुत पैसा बेईमानी का...
- हम आपकी मदद कैसे करें?...? बेटे, आपके पास जो हमारी रिसर्च है, जिसको आपने माना है, जो आप हमारी पत्रिकाएँ पढ़ते हैं, उनको आप पाँ...
- हम आपकी मदद कैसे करें?...? बेटे, आपके पास जो हमारी रिसर्च है, जिसको आपने माना है, जो आप हमारी पत्रिकाएँ पढ़ते हैं, उनको आप दस आद...
- हम आपकी मनोकामना पूर्ण करने में समर्थ कहाँ हुए?...? आपकी कठिनाइयों को दूर करने में, आपको वरदान और आशीर्वाद देने में कहाँ समर्थ हो सके? आपकी दिक्कतें ज...
- हम आपकी लकड़ी पकड़ लेंगे और आप लोग हमारे पीछे-पीछे चलिये न, क्यों हमारे कन्धे पर सवार होते हैं?...? श्रवण के माता-पिता अचम्भे में रह गये। कन्धे पर बैठकर चलने से उनका तो मतलब यह था कि हमारा लड़का सारे सं...
- हम आपकी सेवा कर सकते हैं?...? यह सुनकर राजकुमार -नारद बोला जी बता गए थे कि एक साल बाद हमारी मृत्यु होने वाली है। सावित्री ने कहा क...
- हम आपकी सेवा कर सकते हैं?...? यह सुनकर राजकुमार बोला—नारद जी बता गए थे कि एक साल बाद हमारी मृत्यु होने वाली है। सावित्री ने कहा कि...
- हम आपकी सेहत अच्छी बना देंगे, पर आप सेहत का करेंगे क्या?...? यह तो बता दीजिए। आपको तो उपयोग करना आता नहीं। हमें जो चीजें मिली हुई, उनको किस तरीके से ठीक से उपयोग...
- हम आपके घर में लक्ष्मी जी का पूजन कराएँगे, जो आपको मालामाल बना देगी तो फिर आप अपने ही घर में लक्ष्मी पूजन क्यों नहीं कर लेते और स्वयं मालामाल बन जाते?...? ग्यारह रुपये क्यों माँगते हैं?
यह जादूगरी नहीं है
मित्रो ! यह मालूम होता है कि हमारी...
- हम आपके जिम्मे क्या सौंपते हैं?...? हम आपसे संकल्प कराते हैं और संकल्प कराने के बाद में यह इम्तहान लेते हैं कि आपने भाग-दौड़ कितनी की। आ...
- हम आपके पास क्यों आएँगे?...? उतने समय में तो मेहनत-मजदूरी करके रोटी खा लेंगे।
मित्रो! सत्संग के लिए आप अपने यहाँ मत बुलाइ...
- हम आपके लिये पानी पिला सकते हैं, तेल मालिश कर सकते हैं, हजामत बना सकते हैं और क्या कर सकते हैं?...? पैर दाब सकते हैं। हाथ-पाँव से यही सेवा कर सकते हैं, लेकिन हम अपने ज्ञान के द्वारा आपका काया-कल्प कर ...
- हम आपके साथ नाचेंगे?...? हमारे मन में तो कितनी गन्दगी भरी पड़ी है, मनसा देवी पर जाएँगे। ५ पैसा चढ़ाएँगे पाँच मनोकामनाएँ वहाँ ...
- हम आपको कितना कस देंगे?...? जितना कि हमको कस दिया गया है। आपके टाइम के बारे में हम कस देंगे। ऐसा नहीं हो सकता कि आप आठ बजे घूम...
- हम आपको कैसे बताएँ?...? आपके दुःख-दरद और पीड़ा में किस कदर हम आपके ऊपर छाए रहते हैं, यह हमारी अन्तरात्मा ही जानती है। यह बात...
- हम आपको कैसे बताएँगे?...? दीपक को पचासों आदमी जलाते रहते हैं, उसके मुखाग्नि से मालूम कीजिए, क्या है दीपक? दीपक में तो कुछ भी न...
- हम आपको क्या चीज देंगे?...? यहाँ सामान्यतः मोटे रूप से शिक्षण चलता रहेगा। हमारे दो प्रवचन होते रहेंगे। उनकी कोई कीमत है? आपने ...
- हम आपको पैसा देंगे, तो आप क्या करेंगे?...? इस्तेमाल तो आप करेंगे नहीं। हम आपकी सेहत अच्छी बना देंगे, पर आप सेहत का करेंगे क्या? यह तो बता दीजिए...
- हम आपको मालदार बनाएँगे, सेठ बनाएँगे, आप बेकार की बातें क्यों कहते हैं?...? जो हम नहीं कर सकते उसके लिए आप क्यों दबाव डालते हैं? भगवान मालदार नहीं बनाते, मालदारों को गरीब बना द...
- हम आपको मालदार बनाएँगे, सेठ बनाएँगे—आप बेकार की बातें क्यों कहते हैं?...? जो हम नहीं कर सकते, उसके लिये क्यों दबाव डालते हैं? भगवान मालदार नहीं बनाते; मालदारों को गरीब बना दे...
- हम आपको यह कहते हैं कि ये हमारे बच्चे हैं, ये हमारे अनुयायी हैं, ये हमारे शिष्य हैं, तो क्या कहना है कि अधिकारी हैं?...? इतना ही अधिकार आपका बनता है कि जो कुछ भी गुरुजी-माताजी का है और जो कुछ भी गायत्री माता का है, वह सब ...
- हम आपको यह बात बतायेंगे कि किस तरीके से अपना गुजारा कर सकते हैं बिना भीख माँगे?...? वकील ने बाइसिकल अपने घर वालों के सुपुर्द की और उन छह कोढ़ियों को लेकर अपने गाँव चला गया। गाँव में थोड़...
- हम आपसे वायदा करते हैं कि आप सच्चे हैं, तो आपकी इज्जत होगी और नहीं हैं या आधे सच्चे और आधे झूठे हैं, तो आपकी इज्जत कौन कर सकता है?...? बच्चे पढ़ लिखकर बड़े बने मित्रो! तो फिर क्या हुआ? तीन अफसर इकट्ठे हुए और उन तीनों बच्चों की माँ को बुल...
- हम आपसे वायदा किए जा रहे हैं कि बिलकुल नहीं मरेंगे, आप देख लेना कि कैसे दिखाई पड़ेंगे?...? जब आपका शरीर नहीं रहेगा, तो आप कहाँ दिखाई पड़ेंगे? अरे बेटे! यह मत कहना।
अरविन्द के आश्रम में अभी ...
- हम आशीर्वाद तो दे भी दें, पर तू उस आशीर्वाद को रखेगा कहाँ पर?...? उसे रखने के लिए तेरे पास जगह भी है या नहीं? नहीं, महाराज जी! घी दे दीजिए। अच्छा, बेटे! दे देंगे, लेक...
- हम आशीर्वाद देंगे, तभी तो आशीर्वाद मिलेगा?...? कलेक्टर की चिट्ठी कलर्क लिखता है, पर जब तक उस पर कलेक्टर के दस्तखत नहीं होते, उसकी क्या कीमत? जब हम ...
- हम इतने आदमी की व्यवस्था कैसे करेंगे?...? दस पैसा तो शुरुआत है। अगर सम्भव हो तो, आप एक दिन का वेतन दीजिए। अगर बेकार की चीजें हैं, तो उन्हे...
- हम इनके लिए क्या मददगार हो सकते हैं?...? इनको हम कैसे शान्ति पहुँचा सकते हैं, कैसे इनको सन्तोष पहुँचा सकते हैं? किस तरीके से हम इनके काम में ...
- हम इनको कब तक सिखायेंगे, कितना सिखाएँगे, इनको सिखाने में कितना समय लगेगा?...? हमारे पास समय बहुत कम है। हमको आदमियों की जरूरत है, अगर आप स्वयं उन आदमियों में शामिल होना चाहते हों...
- हम इन्सान उनको इतना कमजोर समझते हैं कि कोई आदमी खुशामद करके जो कुछ चाहे, चाहे जब उनसे वसूल कर ले जाये वह भगवान् कैसे हो सकता है?...? जो व्यक्ति खुशामद करें, तारीफ करें, जो कुछ भी चाहें, वही हमको मिल जाये। ये मुमकिन है? ये नामुमकिन है...
- हम इस योनि में कैसे जाएँगे?...? आपने अच्छा कर्म नहीं किया, तो आपको घुसना ही होगा।मित्रो! आपको अपनी मूर्खता पर विचार करना चाहिए। आप ब...
- हम इसके द्वारा दुनिया को बताना चाहते हैं कि भावी जीवन में स्वर्ग कैसा होगा?...? अगर आपके उद्देश्य ऊँचे होंगे तो मैं यह कहता हूँ कि आपको कभी अभाव नहीं होगा।मित्रो! मंगता भिखारी कभी ...
- हम इसलिए खंडन करते हैं कि आप बेकाम की बातें क्यों मान बैठते हैं?...? अगर आप बेकार की बातों को मानते रहेंगे, तो हम उसका खंडन करेंगे और हम आपसे नाराज होंगे। अगर ज्यादा गुस...
- हम इसी से अंदाज लगा सकते हैं कि भगवान् बड़े रूप में कैसा होगा?...? जैसे इनसान है, भगवान् भी वैसा ही होगा। ऐसे ही हम अनुमान लगा सकते हैं कि समुद्र कैसा होगा? जैसा कि ...
- हम इसीलिए बुलाते हैं और हर एक आदमी से बार-बार यही सवाल पूछते रहते हैं कि क्या आप इन शानदार समय को पहचान सकते हैं?...? क्या आपकी अकल इतनी मदद करेगी कि आप इन शानदार समय को पहचान लें? अगर आपकी अकल इतनी सहायता कर दे और य...
- हम ईमानदार बनेंगे, चरित्रवान बनेंगे, लोकसेवी बनेंगे, सैनिक बनेंगे, इसमें क्या रुकावट है?...? बताना जरा? नहीं साहब! एक मकान बनायेंगे। तो जाइये, बीमा कंपनी में दरख्वास्त दीजिए कि हमारा बीमा है ...
- हम ईमानदारी से रहते हैं, बीड़ी नहीं पीते हैं, वो तो ठीक है आपकी बात, पर मैं यह पूछता हूँ, विद्या की जो कमी है, उसको आप क्यों पूरा नहीं करते?...? विद्या की कमी को जो पूरा नहीं करेंगे, तो उन्नति कैसे हो जायेगी? आपके ज्ञान का दायरा कैसे बढ़ेगा? आपकी...
- हम उन गुरुजी के बच्चे हैं, कौन से?...? वे जिन्होंने तपश्चर्या की थी, उनके ये बच्चे हैं। उन्होंने जो तपश्चर्या की है, वह कोई लाखों में एक कर...
- हम उन लोगों में से हैं, जो यह जानते हैं कि मनुष्य के जीवन में राजनीति का क्या स्थान है?...? राजनीति और आदमी अब जुड़ गया है। तिब्बत के दलाई लामा को राजनीति के कारण तिब्बत छोड़कर भाग जाना पड़ा।...
- हम उन लोगों में से हैं, जो यह जानते हैं कि मनुष्य के जीवन में राजनीति का क्या स्थान है?...? राजनीति और आदमी अब जुड़ गया है। तिब्बत के दलाई लामा को राजनीति के कारण तिब्बत छोड़कर भाग जाना पडा़।...
- हम उनका स्वागत करेंगे और उनके हाथ जोड़ेंगे और उन पण्डितजी से कहा—अब क्या काम बाकी रह गया है?...? पण्डित जी बोले—अब बेटा थोड़ा-सा काम रह गया है। परिक्रमा करनी है और भाँवर पड़नी है और सब कुछ कर लिया। तो...
- हम उनके प्रति प्रार्थना तो क्या कर सकते हैं?...? क्योंकि सारा-का-सारा वरदान भी वही देते हैं, आशीर्वाद भी वही देते हैं; लेकिन हमारे मन में यह भावनाएँ ...
- हम उसकी गोदी में ही बैठेंगे, उसकी गोदी में बैठने से उनको क्या फायदा हुआ?...? भगवान की गोदी में बैठे तो आज तब उनका नाम चला आ रहा है। कहते हैं ध्रुवतारा आकाश में चमकता है। ध्रुवता...
- हम उसकी चीजें बिगाड़ते रहे, तोड़ते रहे पर क्या मजाल कभी उसे गुस्सा आ जाय?...? हर वक्त वह हमें मोहब्बत करती रही। एक ओर हमारे द्वारा परेशान किया जाना और दूसरी ओर मोहब्बत किया जाना,...
- हम उसकी तलाश करते हैं कि उसे कौन ले गया?...? हम कहाँ भूल गए? कहाँ भटक गए? मेले में हम कैसे खो गए? अपना नाम कैसे भुला बैठे? अपना रास्ता कहाँ भूल ग...
- हम ऋषियों के तरीके से, सन्तों के तरीके से कुटुम्ब का पालन करते हुए बड़ी आसानी से जी सकते हैं लेकिन हम क्या करें?...? ? एक हविश हमारे ऊपर ऐसी हावी हो गयी है, जिसको हम एक तरह का ‘नशा’ कह सकते हैं। हम नशे में धुत्त आदमी ...
- हम एक ऐसी दुनिया बसाना चाहते हैं, ऐसा नगर बसाना चाहते हैं, जिससे दुनिया को दिखा सकें कि भावी जीवन, भावी संसार अगर होगा तो स्वर्ग जैसा कैसे बनाया जा सकेगा?...? स्वर्ग में शान्ति का, परमार्थ का जीवन जीने के लिए क्या-क्या तकलीफें आ सकती हैं? ऐसा हम गायत्री नगर क...
- हम एक चीज यही सिखाते हैं कि आदमी की क्वालिटी कैसे बढ़ाई जाती है?...? यही अध्यात्म है? इसके अतिरिक्त और कुछ नहीं है। नहीं, साहब! अध्यात्म का तो मतलब कुछ और होता है। क्या ...
- हम एक नये अज्ञान में और एक नये जंजाल में उसी तरह भटकते रहेंगे, जैसे कि हमने अनेक पैगम्बर बना दिये, अनेक गुरु बना दिये, अनेक देवता बना दिये और न जाने कौन-कौन बना दिये?...?...
- हम एक व्यक्ति हैं?...? नहीं हैं। हम कोई व्यक्ति नहीं हैं। हम एक सिद्धान्त हैं,
आदर्श हैं, हम एक दिशा हैं, हम एक प्रेरणा ह...
- हम एक व्यक्ति हैं?...? नहीं हैं। हम कोई व्यक्ति नहीं हैं। हम एक सिद्धान्त हैं, आदर्श हैं, हम एक दिशा हैं, हम एक प्रेरणा हैं।...
- हम एक व्यक्ति हैं?...? नहीं हैं। हम कोई व्यक्ति नहीं हैं। हम एक सिद्धान्त हैं, आदर्श हैं, हम एक दिशा हैं, हम एक प्रेरणा हैं...
- हम एकादशी उपवास करें तो?...? मर्जी है आपकी। पेट अच्छा होगा, पर एकादशी व्रत भर से भगवान प्रसन्न नहीं होता, उदारता और परमार्थ परायण...
- हम ऐसा नहीं कर सकते, तो फिर बीबी को क्यों मारा?...? सबके ऊपर आप हुकूमत चलाना चाहते हैं? सबके मालिक बनते हैं। आप सबके बॉस हैं, आप सबके भगवान हैं? आपने दू...
- हम और आप कर सकते हैं क्या?...? नहीं कर सकते। ऐसा कोई दिलेर आदमी ही कर सकता है। उसने दिलेरी के साथ और तन्मयता के साथ ऐसी मजबूत भक्...
- हम और आप कर सकते हैं क्या?...? नहीं कर सकते। ऐसा कोई दिलेर आदमी ही कर सकता है। उसने दिलेरी के साथ और तन्मयता के साथ ऐसी मजबूत भक्ति...
- हम और आप कहाँ हैं?...? घोर तमोगुण में पड़े हुए हैं। तमोगुण किसे कहते हैं? तमोगुण कहते हैं—जड़ता को। महाराज जी! तमोगुण गुस्स...
- हम और आप क्या करते हैं?...? गुरु−शिष्य का खेल खेलते हैं। कैसे खेलते हैं? तू मेरा गुरु बन जा और मैं तेरा चेला बन जाऊँगा। नहीं...
- हम और आप जिस मुहब्बत की जंजीर में बँधे हैं, आप उसकी समीक्षा क्यों नहीं करते?...? हम एक बहुत ही मधुर जंजीर में बँधे हुए हैं और यह प्यार एवं मुहब्बत की जंजीर है। यह हमारे और आपके जन्म...
- हम और आप दो हैं क्या?...? नहीं हम और आप दो नहीं हैं एक हैं। तो आप के लिए कुछ करें। नहीं भाई साहब! मत कीजिए हमारे लिए। हमारी जर...
- हम और आप पकड़ सकते हैं क्या?...? हम और आप नहीं पकड़ सकते। भूत तो पकड़ सकते हैं? नहीं पकड़ सकते। हनुमान् जी को पकड़ लेंगे? नहीं, हनुमा...
- हम और आप पकड़ सकते हैं क्या?...? हम और आप नहीं पकड़ सकते। भूत तो पकड़ सकते हैं? नहीं पकड़ सकते। हनुमान जी को पकड़ लेंगे? नहीं, हनुमान जी ...
- हम और आप भी कोई भगवान् के भक्त हैं?...? नहीं, साहब हम तो भगवान् की शरण चाहते हैं। खाक चाहता है अभागा कहीं का। बस भक्ति के नाम पर चन्दन चढ़ात...
- हम और आप भी घुमा-फिराकर वही दो बातें रखते हैं, तीसरी कोई बात है ही नहीं तो आप रखेंगे कहाँ से?...? नारद जी ने कहा कि वहाँ स्वयंवर होने वाला है और उस लड़की से हम विवाह करने वाले हैं। हमको दहेज का पैसा...
- हम और आप वकील हों, तो मुबारक, लेकिन आपको नहीं मालूम कि पेट खराब क्यों हो गया?...? और पेट को खराब होने से बचाने के लिए क्या तरीका होना चाहिए। क्या आपके पास इसके लिए कोई स्कूल है? दव...
- हम कब कहते हैं कि आप ब्राह्मण नहीं हैं?...? और आप बनिये हैं? आप बनिये हैं तो इसका क्या मतलब हुआ? इसका मतलब है—छोटे। खबरदार! आइन्दा यह बात कही। आ...
- हम कभी भी न नहीं करेंगे कि हमारे ऊपर ये चोटें क्यों की गईं?...? हमको रूई की तरह से क्यों धुना गया? इसमें हमारी अच्छाइयाँ हैं। हमको रूई की तरह से धुना जाएगा, तो हम फ...
- हम कम्युनिस्ट हैं?...? हम कौन हैं?
माला के साथ सेवा
हम तो आपको इस बात का एहसास करा देना चाहते हैं कि माला च...
- हम कम्युनिस्ट हैं?...? हम कौन हैं? माला के साथ सेवा हम तो आपको इस बात का एहसास करा देना चाहते हैं कि माला चाहे जैसी चमत्कार...
- हम कलंकी तो नहीं हैं?...? कलंकी हैं, तो हम राक्षस हैं और हमारे दाँत बड़े-बड़े हैं। दाँत बड़े-बड़े से मतलब? दाँत बड़े-बड़े से मतलब ये...
- हम कहाँ के रहने वाले हैं?...? मरघट के रहने वाले हैं और हम काम करते हैं तथा ड्रामा करते हैं दुनिया में। दुनिया में हम ड्रामा करने क...
- हम कहाँ तक खड़े रह सकते हैं?...? बीबी से लेकर साले तक और जमाई से लेकर बेटे तक, हर आदमी इस बात में एक राय है कि हमको सम्पत्ति कमानी चाह...
- हम कहाँ नहीं हैं?...? बिलकुल हैं। आगे भी ऐसा ही शान्तिकुञ्ज आप पाएँगे, जो कि इस समय अब है; बल्कि इससे भी ज्यादा ही होगा। य...
- हम कहाँ भूल गए?...? कहाँ भटक गए? मेले में हम कैसे खो गए? अपना नाम कैसे भुला बैठे? अपना रास्ता कहाँ भूल गए? अभी न तो यह प...
- हम कहें सिद्धि ही सही, पर कौन-सी सिद्धि है?...? जिससे इनसान में कोई परिवर्तन नहीं हुआ, उसके हृदय का परिवर्तन नहीं हुआ। यह कौन-सी उपासना है? यह कौन-स...
- हम कितना काम करते हैं, आप जानते नहीं?...? हम आज 70 वर्ष के हो गये परन्तु 17 वर्ष के लगते हैं। आप वही खाएँ जो ब्राह्मण, सदाचारी, अपरिग्रही खाते...
- हम कितने घण्टे सोते हैं?...? चार घण्टे सोते हैं। चार घण्टे में हमको इतनी गहरी नींद आती है कि चाहे जमीन फट जाए या आसमान टूट जाए, हमे...
- हम कितने घण्टे सोते हैं?...? चार घण्टे सोते हैं। चार घण्टे में हमको इतनी गहरी नींद आती है कि चाहे जमीन फट जाए या आसमान टूट जाए, हमे...
- हम किनके पास नहीं गए?...? हम पैसे वालों के पास नहीं गए और आपको क्यों जाना चाहिए? मित्रो ! किसी पैसे वाले के पास हम इसलिए नहीं ...
- हम किस तरीके से पैदा करते हैं?...? मानवीय सिद्धान्त और आदर्श, जो हमारे भीतर भगवान के रूप में काम करते हैं। भगवान किस रूप में काम करता है...
- हम किस देवता की प्रार्थना करें और किस देवता के लिए हवन करें, यजन करें, प्रार्थना करें?...? कौन सा देव है, जो हमारी आवश्यकताओं को पूरा कर सके। हमको शान्ति प्रदान कर सके, हमें ऊँचा उठाने में मदद...
- हम किस-किस की सहायता करेंगे?...? अगर हम सहायता करेंगे, कर्मों की व्यवस्था करना हमारे लिए कठिन हो जाएगा। हम किसी द्रौपदी की कोई सहायता...
- हम किसका स्नान कराते हैं?...? तीन का स्नान कराते हैं, जो हमारे भीतर निवास करते हैं। कौन-कौन निवास करता है? शरीर नहीं, चमड़ी नहीं। ...
- हम किसका स्नान कराते हैं?...? तीन का स्नान कराते हैं, जो हमारे भीतर निवास करते हैं। कौन-कौन निवास करता है? शरीर नहीं, चमड़ी नहीं। च...
- हम किसके लिए क्या दे पाएँ?...? प्यार देना सिखाता है, प्यार देना सिखाता है। सेवा उसी का नाम है, उसका नाम प्यार है। भगवान का नाम प्या...
- हम किसलिए चमत्कार दिखलायी?...? आप हमारी प्रशंसा करें और आप अचम्भे में पड़ जाएँ, यह हमारा काम नहीं है। अचम्भे में पड़ना बच्चों का काम है...
- हम किससे मना करते हैं?...? लेकिन यदि आप बीमार हो गए हैं और आप नहीं नहा सकते हैं, तो आपको ये कहने की आवश्यकता नहीं होगी कि चूँकि...
- हम किसी आदमी की वकत और किसी आदमी का मूल्य या मूल्यांकन कर सकते हैं तो केवल इस आधार पर कर सकते हैं कि इसके विचार करने के तरीके क्या हैं?...? इसका मकसद क्या है? इसका लक्ष्य क्या है? इसके अलावा कोई चीज नहीं है।
जीवन को धन्य बना लो रे ...
- हम किसी का उधार आवश्यकता से अधिक एक क्षण भी क्यों रोक कर रखें?...? हम दूसरों से यह आशा करते हैं कि वे जब भी कुछ कहें या उत्तर दें, नम्र, शिष्ट, मधुर और प्रेम भरी बातों...
- हम किसी के भाग्य के विधाता हैं, भगवान हैं?...? नहीं बेटे! भगवान तो जड़ और चेतन में, सारे में समाया हुआ है। हम वह बात कैसे कह सकते हैं? लेकिन शायद ए...
- हम किसी से प्यार करते हैं क्या?...? नहीं, हम किसी से प्यार नहीं करते। बीबी से प्यार करते हैं? नहीं। बीबी के लिए तो हम जोंक हैं। खून की प...
- हम किसी से प्यार करते हैं क्या?...? नहीं, हम किसी से प्यार नहीं करते। बीबी से प्यार करते हैं? नहीं। बीबी के लिए तो हम जोंक है। खून की प्...
- हम किसी से प्यार करते हैं क्या?...? नहीं, हम किसी से प्यार नहीं करते। बीबी से प्यार करते हैं? नहीं ,, बीबी के लिए तो हम जोंक हैं। खून की...
- हम कुछ भी नहीं कर सके, क्यों?...? क्योंकि आदमी के विचार करने का स्तर गिरा हुआ है, घटिया है, जिसने हमें मुद्दतों तक गुलाम रखा। हम अभी भ...
- हम कुछ भी नहीं कर सके—क्यों?...? क्योंकि आदमी के विचार करने का स्तर गिरा हुआ है, घटिया है, जिसने हमें मुद्दतों तक गुलाम रखा। हम अभी भ...
- हम कैसे आगे बढ़ेंगे?...? यही तो मैं अभी कह रही थी कि श्रद्धा के बल पर और लोकमानस के सहयोग के रूप में आप आगे आइए।
आप देखिए ...
- हम कैसे कर देंगे?...? डॉक्टर हैं हम।हम आपकी मदद करेंगे, इलाज करेंगे; हम आपकी भौतिक सेवा करेंगे, सहायता करेंगे। नहीं साहब, ...
- हम कैसे कर सकेंगे?...? हमारे पास क्या। अकल है? तो चलिए हम और आप मिल करके कुछ काम करते हैं। हम मिल करके कुछ ऐसा काम करेंगे,...
- हम कैसे चलते हैं?...? एक राष्ट्र, एक भाषा और एक संस्कृति। दुनिया में संस्कृति रहनी है तो एक ही रहनी चाहिए। चाहे वह हिन्दू ...
- हम कैसे जाएँ?...? हमें तो कुछ नहीं मिला। शंकर जी ने कहा—तुम्हारे एक-एक वरदान हमारे पास थे, सो तुमने ले लिए। अब तुम अपन...
- हम कैसे जाएँगे?...? देखिए हम तो व्यापारी हैं। हम तो ऑफिसर हैं। हम तो गाड़ी में चलते हैं, तो पैदल कैसे घूमेंगे? हाँ बेटा!...
- हम कैसे जानें कि आपने सत्संग महाव्रत प्रारम्भ कर दिया है?...? श्री पथिकजी ने सत्संग की कसौटी यह बताई है, ‘‘सत्संग प्रेमी सज्जन व्यवहार शुद्धि के लिए निरन्तर विवेकप...
- हम कैसे जानें कि गायत्री की फिलॉसफी का आपने अध्ययन किया कि नहीं किया?...? हम कैसे मानें कि आपका अनुष्ठान सही हुआ है कि नहीं हुआ है? हमको इन्हीं दो बातों से मानना पड़ेगा। आपको...
- हम कैसे जानें कि गायत्री की फिलॉसफी का आपने अध्ययन किया कि नहीं किया?...? हम कैसे मानें कि आपका अनुष्ठान सही हुआ कि नहीं हुआ है? हमको इन्हीं दो बातों से मानना पड़ेगा। आपको बुख...
- हम कैसे जानें गायत्री मंत्र आपके पास आया कि नहीं?...? हम कैसे जानें कि गायत्री की फिलॉसफी का आपने अध्ययन किया कि नहीं किया? हम कैसे मानें कि आपका अनुष्ठान...
- हम कैसे पकड़े रह सकते हैं?...? आपकी सेहत इस जीभ ने खराब की। आप जीभ पर कंट्रोल कीजिए और जीभ से कहिए कि हम आपका हुक्म, आपका कहना नहीं...
- हम कैसे प्रकाश पैदा करें?...? आप अपने भीतर प्रकाश पैदा कीजिए, तभी दूसरों को प्रकाश दे पाएँगे। दुनिया में हम आध्यात्मिकता फैलाएँ, य...
- हम कैसे प्रकाश पैदा करें?...? ? आप अपने भीतर प्रकाश पैदा कीजिए तभी दूसरों को प्रकाश दे पाएँगे। दुनिया में हम आध्यात्मिकता फैलाएँ, ...
- हम कैसे भेज सकते हैं?...? आप ले जाइये, यह जाएगा नहीं। नहीं, यह नहीं जा सकता है। सिकन्दर को आया होश। आपको भी अगर होश पहले आ जाए...
- हम कैसे माने?...? मैं आपके सामने एक ऐसे गवाह को पेश कर सकता हूँ, जिसकी बाबत आप इनक्वायरी बिठा दें। एक कमेटी बिठाएँ और ...
- हम कैसे मानें कि आपका अनुष्ठान सही हुआ कि नहीं हुआ है?...? हमको इन्हीं दो बातों से मानना पड़ेगा। आपको बुखार है कि नहीं हम कैसे जानें? बुखार जानने का एक ही तरीका...
- हम कैसे मानें कि आपका अनुष्ठान सही हुआ है कि नहीं हुआ है?...? हमको इन्हीं दो बातों से मानना पड़ेगा। आपको बुखार है कि नहीं, हम कैसे जाने?बुखार जानने का एक ही तरीका...
- हम कैसे मिल सकते हैं?...? रामचंद्र जी से मुलाकात के लिए गोस्वामी जी को हनुमान जी की और हनुमान जी से पहले भूत की जरूरत पड़ी। हम...
- हम कैसे मूरख हैं?...? हमने मास्टरी पास कर ली है और तू एक अक्षर भी नहीं जानती है। अच्छा, तू एक अक्षर याद कर ले, तो मैं एक च...
- हम कैसे लगा देंगे?...? नहीं गुरुजी! आप तो महात्मा हैं, एक इंजेक्शन तो हमारे लगा ही दें। अच्छा आप इंजेक्शन नहीं लगा सकते, तो...
- हम कैसे शुरुआत कर सकते हैं?...? महिलाएँ इस मामले में बहुत योगदान दे सकती हैं। गायत्री माता भी मातृशक्ति ही हैं। महिलाओं ने धर्म की र...
- हम कैसे शुरुआत कर सकते हैं?...? महिलाएँ इस मामले में बहुत योगदान दे सकती हैं। गायत्री माता भी मातृशक्ति ही हैं। महिलाओं ने धर्म की र...
- हम कैसे सुंदर हो सकते हैं?...? हम कैसे सुघड़ हो सकते हैं?...
- हम कैसे सुघड़ हो सकते हैं?...?...
- हम कैसे सुघड़ हो सकते हैं?...? मैं आपको क्या बताऊँगा? मैं तो एक ही शब्द में कह सकता हूँ कि अगर आपने चमत्कार वाली बात सुनी हो, लाभ व...
- हम कैसे सुन्दर हो सकते हैं?...? हम कैसे सुघड़ हो सकते हैं? मैं आपको क्या बताऊँगा? मैं तो एक ही शब्द में कह सकता हूँ कि अगर आपने चमत्क...
- हम कोई नट तो नहीं हैं?...? नहीं, आप नट भी नहीं हैं। आप तो पादरी हैं। हमने जब से जन्म लिया है आपको इसी जगह में काम करते हुए देखत...
- हम कोई नास्तिक हैं?...? हम कम्युनिस्ट हैं? हम कौन हैं?
माला के साथ सेवा
हम तो आपको इस बात का एहसास करा देना ...
- हम कोई नास्तिक हैं?...? हम कम्युनिस्ट हैं? हम कौन हैं? माला के साथ सेवा हम तो आपको इस बात का एहसास करा देना चाहते हैं कि माल...
- हम कोई भिखारी हैं?...? नहीं बेटा! हम भिखारी नहीं हैं, जो आपके सामने पल्ला फैलाएँगे। भगवान के सामने फैलाएँगे, जिसने सारा-का-...
- हम कोई माँगने गये थे?...? हम तो आपकी सूरत देखने गये थे और आप दिखा सकते थे, इसमें क्या हर्ज था आपका? आपने ये नहीं देखा कि हम कि...
- हम कोई शंका-समाधान करने गये थे आपसे?...? हम कोई माँगने गये थे? हम तो आपकी सूरत देखने गये थे और आप दिखा सकते थे, इसमें क्या हर्ज था आपका? आपने...
- हम कौन अमीर दिखाई पड़ते हैं आपको?...? जो कुछ था अमीरी से, ले गया। कौन ले गया? अब तो हम भी गरीब हैं। आप गरीब हैं, तो हम भी गरीब हैं। ऋषि भी...
- हम कौन लोग हैं?...? हम हैं वेश्या। असल में हम वेश्या हैं; क्योंकि हमने असंख्य देवी-देवताओं को पाल कर रखा है और हमारा ये ...
- हम कौन सी दृष्टि का विकास करें?...? उस दृष्टि का विकास करें जो बिल्वमंगल ने सूरदास बनकर नयी दृष्टि का विकास किया था। जब नयी दृष्टि का ...
- हम कौन हैं?...? हम मुरदा आदमी हैं। हम मर गए हैं। हमारे अन्दर कोई जीवट नहीं है, कोई जिन्दगी नहीं है। हमारे अन्दर कोई ल...
- हम कौन हैं?...? राजेश खन्ना हैं, जो दर्शन करने को आए हैं। बेकार की बातें करता है। यही समझता है कि हम देखेंगे और देख ...
- हम कौन हैं?...?
माला के साथ सेवा
हम तो आपको इस बात का एहसास करा देना चाहते हैं कि माला चाहे जैसी चमत्कारी ...
- हम कौन हैं?...? अग्नि हैं। अग्नि कहती है कि आपको भी प्रकाशवान बनना चाहिए—एक। अग्नि की दूसरी नसीहत यह है कि हमारा जो ...
- हम कौन हैं?...? हमारा क्या लक्ष्य है? हमारा क्या कर्तव्य है? हमारे जीवन का स्वरूप क्या है? हमको मालूम नहीं है। मूल च...
- हम कौन हैं?...? माला के साथ सेवा हम तो आपको इस बात का एहसास करा देना चाहते हैं कि माला चाहे जैसी चमत्कारी क्यों न हो...
- हम कौन हैं?...? अग्नि हैं। अग्नि कहती है कि आपको भी प्रकाशवान बनना चाहिए—एक। अग्नि की दूसरी नसीहत यह है कि हमारा जो ...
- हम कौन हैं?...? हमारा लक्ष्य क्या है? हमारा कर्तव्य क्या है? हमारे जीवन का स्वरूप क्या है? हमको मालूम नहीं है। मूल च...
- हम कौन हैं?...? ‘मिस मेयो’ की ‘स्लेब ऑफ द गॉड’ किताब के अनुसार हम हैं देवताओं के गुलाम। उसका हिन्दी में अनुवाद छपा ह...
- हम कौन हैं?...? टक्कर मारने वाले हैं। हम हमेशा विरोध करते रहे, संघर्ष करते रहे हैं। हम ब्राह्मण हैं? नहीं, हम तो राज...
- हम क्या चाह कर सकते हैं?...? रोटी, हमको मिल जाती है। कपड़ा हमको मिल जाता है। मित्रो! रोटी आपको मिल जाती है—बस, कपड़ा आपको मिल जात...
- हम क्या आशा रखेंगे?...? बेटे! पत्नी को ऊँचा उठाइए, उसका मनोबल बढ़ाइए, उसकी सेहत का ध्यान रखिए और उसको आगे बढ़ाइए। सबसे यही क...
- हम क्या कदम उठाते हैं?...? हम यह कदम उठाते हैं कि आस्तिकता का वातावरण सारे विश्व में बढ़ता हुआ चला जाए। हमारा आस्तिकता से मतलब न...
- हम क्या कर सकते थे?...? हमारे हाथ में कोढ़ हो गया। घरवालों को, खानदान वालों को, उनके बच्चों को निंदित करने की अपेक्षा, जिनका...
- हम क्या कर सकते थे?...? हम भूल गए थे। पिछले दिनों से—अन्धकार के युग से हमने बहुत सारी चीजें गँवा दी थीं, उसमें से एक चीज यह भ...
- हम क्या कर सकते हैं ग्यारह हजार से?...? आपने अपने चिन्तन का परिष्कार किया कि नहीं? नहीं, वह तो नहीं किया। और भावनाएँ? भावनाएँ भी नहीं हुईं। क...
- हम क्या कर सकते हैं?...? हमने तो पूरी मशक्कत से अपनी खेती में काम किया। बस, इसके आगे, अपने कर्तव्यों तक सीमित हो जाएँ। क्या ह...
- हम क्या कर सकते हैं?...? उसको प्रसन्न करने के लिए नहीं। आदमियों को प्रसन्न करने की बात मत सोचिए। आदमी बड़े बदमाश हैं। उनको प...
- हम क्या कर सकते हैं?...? बेटे, हमने तो आपको चेला इसलिए बनाया था कि आप दो, पाँच रुपये दे जाया करेंगे। गुरुजी! हमने तो आपको गुर...
- हम क्या कर सकते हैं?...? आपको भी बेटे! बिलकुल वैसा ही होना पड़ेगा। आपके अन्दर भी वही अग्नि की ज्वाला जलती हुई दिखाई पड़ेगी और...
- हम क्या कर सकते हैं?...? हथियार हमारे पास नहीं है। आप जरूर हमारी चोटी काट सकते हैं, लेकिन एक मेहरबानी कीजिए। क्या मेहरबानी कर...
- हम क्या कर सकते हैं?...? हथियार हमारे पास नहीं है। आप जरूर हमारी चोटी काट सकते हैं, लेकिन एक मेहरबानी कीजिए। क्या मेहरबानी कर...
- हम क्या कर सकते हैं?...? हमको ग्राह खाये जा रहा है। गज और ग्राह—इस लड़ाई का वृतान्त आता है पुस्तकों में। पुस्तकों में गज और ग्...
- हम क्या करते रहे हैं?...? सामान्य दिनचर्या के अनुसार रात्रि में शयन, नित्य कर्म के अतिरिक्त दैनिक उपासना भी उन्हीं बारह घण्टों...
- हम क्या करते हैं?...? हम उसमें से खरच करते हैं, पर उनकी मरजी के मुताबिक खरच करते हैं। अपनी मरजी से नहीं खरच करते। अपनी मरज...
- हम क्या कराते हैं?...? हम बेटे, ये धंधा जो पैसे वाला है, ये तो गौण है, बाहर वाला है। इसके अलावा हम तीन फायदे करा सकते हैं। ...
- हम क्या कराते हैं?...? हम बेटे, ये धंधा जो पैसे वाला है, ये तो गौण है, बाहर वाला है। इसके अलावा हम तीन फायदे करा सकते हैं। ...
- हम क्या करें?...? तो उन्होंने एक ही जवाब दिया-बच्चों जीवन भर मैं तिनका बना, विनम्र बना, गला तथा इसलिए इतने बड़े वृक्ष...
- हम क्या करें?...? आपको मुसीबत में नहीं डालें, त्याग के लिए न डालें। हमारे बॉस को देखिए न। हमारा दिवाला निकाल दिया। हमा...
- हम क्या करें?...? तो उन्होंने एक ही जवाब दिया-बच्चों जीवन भर मैं तिनका बना, विनम्र बना, गला तथा इसलिए इतने बड़े वृक्ष क...
- हम क्या करें?...? गरीब हैं, तो डिग्री नहीं लीजिए। कमाइए, खाइये, सरकार से क्या मतलब? आपके अन्दर योग्यता है, क्षमता है, ...
- हम क्या करें?...? आप बतलाएँ। उसने सोचा कि हमारे दो दाँतों में सोने की कीलें लगी हुई हैं। उसने एक पत्थर उठाया और दोनों ...
- हम क्या कह रहे थे?...? बचत योजना के अन्तर्गत अल्पबचत जमा कराने की स्कीम आपको बता रहे थे। किसकी? बैंकों की। क्यों साहब! इसमें...
- हम क्या कह सकते हैं?...? उन्होंने तो अपने ऊपर बन्धन लगा लिया। मिल भी सकते हैं, किसी को बुला भी सकते हैं। ऐसा भी नहीं है, चाहे...
- हम क्या कह सकते हैं?...? ज्ञान तो इसमें इतना भरा हुआ पड़ा है कि आदमी को, नर को नारायण तक पहुँचाने वाला रास्ता खोलने वाला सूत्र...
- हम क्या कह सकते हैं?...? अगर प्राचीनकाल की धर्म-संस्कृति के इतिहास को देखें, तो आपको पता चलेगा कि उनका स्थान कितना महान था? न...
- हम क्या कहना चाहते हैं, उस पर गौर नहीं करेंगे?...? उसकी कोई उपयोगिता नहीं है? अपने आपको ही हमारे ऊपर हावी रखेंगे? हमारी मनोकामना पूरी कर दीजिए। ऐसे कौन...
- हम क्या कहेंगे उसको?...? देव कहेंगे।...
- हम क्या काम करें?...? अत्रि ऋषि को हम बुलाते हैं और खट-खट हमको सवाल-जबाब मिलते हुए चले जाते हैं, क्योंकि वे हमारे घनिष्ठ म...
- हम क्या दे पाएँगे उसको?...? हम उसको कुछ नहीं दे सकते। फिर क्या दे सकते हैं? मित्रो! हमको अपने आप को, अपनी हस्ती को भगवान को प्रद...
- हम क्या नहीं कर सकते हैं?...? आपसे उम्मीदें हैं
अब बुढ़ापे में, इस अवस्था में भी हम कर सकते हैं, तो आप नौजवान हो, क्यों नहीं क...
- हम क्या बनना चाहते हैं?...? हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है? आखिर हम क्या बनेंगे? अगर हम यह तय कर लें, तो मित्रो! हमारे भीतर देवता ...
- हम क्या बनना चाहते हैं?...? हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है? आखिर हम यया बनेंगे? अगर हम यह तय कर लें, तो मित्रों! हमारे भीतर देवता ...
- हम क्या लिखते हैं?...? बेटे, हम गजब का लिखते हैं।
अगर हम कुछ करना चाहें और किसी प्रकाशक के लिए लिखने लगे, तो दो हजार रु...
- हम क्या वरदान माँगते?...? जब हम भगवान के ही हो गए तो हमारे माँगने का सवाल ही कहाँ रहा? इसलिए हमने कोई वरदान नहीं माँगा, कोई इच...
- हम क्या सेवा कर सकते हैं हाथ से?...? हम आपके लिए पानी पिला सकते हैं, तेल मालिश कर सकते हैं, हजामत बना सकते हैं। और क्या कर सकते हैं? पैर ...
- हम क्या सेवा कर सकते हैं हाथ से?...? हम आपके लिये पानी पिला सकते हैं, तेल मालिश कर सकते हैं, हजामत बना सकते हैं और क्या कर सकते हैं? पैर ...
- हम क्या हैं?...? बाँसुरी की तरह से छूँछ हैं। कुछ और है आपके पास? नहीं बेटे! हम खालिस ब्राह्मण हैं। खालिस ब्राह्मण क्य...
- हम क्या हैं?...? हम शरीर हैं। हम जीवात्मा हैं? नहीं साहब! हमको नहीं मालूम कि हम जीवात्मा हैं कि और कुछ हैं। हम तो य...
- हम क्या हैं?...? बाँसुरी की तरह से छूँछ हैं। कुछ और है आपके पास? नहीं बेटे ! हम खालिस ब्राह्मण हैं। खालिस ब्राह्मण क्...
- हम क्या हैं?...? हम कोई विचार नहीं कर सकते। हमारी सारी-की बातें इस बात के ऊपर टिकी हुई हैं कि हमारे इतिहास में व्यापा...
- हम क्या हैं?...? ’ याद करते हैं—हमारा कोई रिश्तेदार था—हमारा कोई सम्बन्धी था। कौन रिश्तेदार? मालूम नहीं; कोई रिश्तेदा...
- हम क्यों आपसे श्रम कराते?...? नहीं, हमें आपको फौलाद का बनाना है। आप लोगों को इस तरीके का बनाना है कि जैसे वसिष्ठ जी ने राम-लक्ष्मण...
- हम क्यों आपसे श्रम कराते?...? नहीं हमें आपको फौलाद का बनाना है। आप लोगों को इस तरीके का बनाना है कि जैसे वशिष्ठ जी ने राम-लक्ष्मण ...
- हम क्यों देंगे?...? आपका फर्ज और कर्तव्य है हमारे लिए, लाइए। उन्होंने कहा कि मैं नरक में जाऊँगा तो आप लोग चलेंगे क्या? म...
- हम खाली हाथ तो नहीं आते हैं?...? रुपया कमा करके तो हम ही लाते हैं। बेटे, आप रुपये से अनाज खरीद करके लाते हैं, यह हम समझते हैं। पानी फ...
- हम गायत्री के उपासक हैं, तो गायत्री नाराज होंगी या प्रसन्न होंगी?...? बेटे, गायत्री का नाम देवी है और देवी का ही नाम गायत्री है। नहीं साहब! देवी और गायत्री नाराज हो जाएँग...
- हम गायत्री के बिना संध्या कैसे कर सकते हैं?...? ये हमारा प्रतीक है और हम इस प्रतीक को सिम्बॉल को हर जगह जमायेंगे और इसलिए जमायेंगे कि सारे हिन्दू सम...
- हम गिरे हुए तो नहीं हैं?...? हमारे द्वारा किसी को दुःख तो नहीं हो रहा है? इस प्रकार के विचार अपने भीतर पनपाने के लिए हमें अपने ...
- हम गुरुजी को बुलाकर लाएँ, तो आप उनके लिए कुछ खरच करेंगे क्या?...? उनको बुलाएँ, तो आप अपना कुछ समय हर्ज करेंगे क्या? हाँ साहब! खरच करेंगे। मित्रो! उन्होंने तीन-चार...
- हम गुरुजी को बुलाकर लाएँ, तो आप उनके लिए कुछ खरच करेंगे क्या?...? उनको बुलाएँ तो आप अपना कुछ समय हर्ज करेंगे क्या? हाँ साहब! खरच करेंगे। मित्रो! उन्होंने तीन-चार दिन ...
- हम ग्यारह हजार जप कर लें?...? कर ले बेटे! ग्यारह हजार कर ले तो भी कोई हर्ज नहीं है, बाईस हजार जप कर ले तो भी कोई हर्ज नहीं है—ढाई ...
- हम घाटे में नहीं गए, वरन नफे में आ गए, क्योंकि हमें बहुत दिनों से मालूम है कि भगवान के कायदे-कानून क्या हैं?...? भगवान अपने आप को बेचता रहा है और ये कहता रहा है कि जिसकी मरजी हो, हमको खरीदकर ले जा सकता है और अपनी ...
- हम घूरे की पूजा नहीं करेंगे, तो किसकी करेंगे?...? घूरा बेजान है। बेजान है तो रहे, चक्की बेजान है, तो रहे, लेकिन हम तो बेजान नहीं हैं। हममें तो जान ह...
- हम चन्दा कहाँ से करेंगे?...? किसके ऊपर दबाव डालेंगे? किसको प्रेस करेंगे? हम प्रयास कहाँ से करेंगे? कौन देगा और कब तक देगा? बे...
- हम चार घण्टे क्यों सोएँ?...? हम तो आराम से सोएँगे। नहीं, आराम से मत सोइए।
आपको अपने शरीर के ऊपर दबाव डालने के लिए तप करान...
- हम चालाकी कैसे करेंगे?...? हम बुरे काम कैसे करेंगे? दगाबाजी हम कैसे करेंगे और विश्वासघात हम कैसे करेंगे?इन सब बातों से यदि हम...
- हम चाहते थे कि धरती पर स्वर्ग बनाने के लिए कोई एक ऐसा मोहल्ला बना दें, एक ऐसा ग्राम बसा दें, जिसमें त्याग करने वाले, सेवा करने वाले लोग आएँ और वहाँ पर सिद्धान्तों के आधार पर जिएँ, हल्की-फुल्की, हँसती-हँसाती शान्ति की जिन्दगी जिएँ, मोहब्बत की जिन्दगी जिएँ और यह दिखा सकें कि लोकोपयोगी जिन्दगी भी जी जा सकती है क्या?...? धरती पर इसका एक नमूना बनाने के लिए हमने गायत्री नगर बसाया है। और आपको दावत देते हैं कि आप अपने बच्चे...
- हम चूहे हो गए आपने अभी तक पुत्रेष्टि यज्ञ क्यों नहीं कराया?...? पुत्रेष्टि यज्ञ कौन सफल करें? मित्रो! गुरु वसिष्ठ ने कहा- राजन! हमने बच्चे पैदा कर लिए, इसलिए हमारा ...
- हम छोटे हों तो क्या?...? छोटी सी चिन्गारी हैं तो क्या? छोटे से सितारे के समान हैं तो क्या? हमारा यह प्रकाश विश्व को रास्त...
- हम जरूर सहायता करेंगे आपकी, लेकिन कब तक?...? सवाल यह है कि कब तक सहायता करेंगे हमेशा, जिन्दगी भर? नहीं बेटे, जिन्दगी भर नहीं कर सकते।
अच्छा ...
- हम जरूर सहायता करेंगे आपकी, लेकिन कब तक?...? सवाल यह है कि कब तक सहायता करेंगे, हमेशा, जिन्दगी भर? नहीं बेटे, जिन्दगी भर नहीं कर सकते।अच्छा तो कब त...
- हम जवान आदमी हैं और हमेशा अपने गुरु से पूछते रहते हैं कि आप हुक्म दीजिए हम क्या दे सकते हैं?...? हमारे पास जो कुछ भी बाप-दादों की कमाई थी, वह सब हमने उनके सुपुर्द कर दी। फिर हमने कहा कि हमारे पास अ...
- हम जवान हैं तो क्या, हट्टे-कट्टे हैं तो क्या, गाय के साथ रहते हैं तो क्या?...? पर गाय की इच्छा के बिना, हम गाय के पास भी नहीं जा सकते?
बेटे, आप जानवर होते, तो भी आपने मर्यादा ...
- हम जहाँ कहीं भी रहेंगे, सबको अपने समान बना करके रहेंगे, चाहे कोई भी क्यों न हो?...? यह शिक्षा यज्ञ की है।मित्रो! यज्ञीय शिक्षण आपको बताता है कि अग्नि आपका पुरोहित है, गुरु है। अग्नि का...
- हम जाएँ तो विवेकानन्द के तरीके से देवी हमें भी दिखाई दे सकती हैं?...? हमको भी आशीर्वाद दे सकती हैं? नहीं बेटे! आपको कोई आशीर्वाद नहीं दे सकती। क्यों? क्योंकि वह जो देवी थ...
- हम जानते हैं कि मंसादेवी पर कौन-कौन आदमी जाते हैं?...? हमको उनके फोटो मालूम हैं कि जो मंसादेवी के पहाड़ पर चढ़ करके सवा रुपये का प्रसाद चढ़ाने के लिए जाते ह...
- हम जानते हैं कि प्यार की कीमत क्या चुकानी चाहिए?...? आपके दुःख, दर्द, कठिनाई, मुसीबत के बारे में अगर हमने अपनी कुछ दौलत जमा की होगी तो आपकी सहायता करेंगे...
- हम जानते हैं कि हम क्या हैं?...? भगवान का विश्वासी केवल इस तरह का हो सकता है, जैसे कि इंसान को होना चाहिए। इतना उदार, परोपकारी, लोकसे...
- हम जानते हैं, हमारा भगवान जानता है कि आप क्या हैं?...? इसलिए हमने इस बार यह कहना शुरू कर दिया है कि आप हमारा समय नष्ट करने के बजाय लिखकर दे जाइये। आप यहाँ ...
- हम जिस जमाने में रह रहे हैं, उसमें आदमी न जाने क्या होने जा रहा है?...? अगर आदमी इसी तरीके से बना रहा, तो उसका परिणाम क्या होगा? अभी जितनी ज्यादा मुसीबतें आई हैं, आगे उसस...
- हम जिस जमाने में रह रहे हैं, उसमें आदमी न जाने क्या होने जा रहा है?...? अगर आदमी इसी तरीके से बना रहा, तो उसका परिणाम क्या होगा? अभी जितनी ज्यादा मुसीबतें आई हैं, आगे उससे ...
- हम जीवात्मा हैं?...? नहीं साहब! हमको नहीं मालूम कि हम जीवात्मा हैं कि और कुछ हैं। हम तो यही जानते हैं कि हम जीवात्मा ...
- हम जो काम करने चले हैं, उसमें हम ये चाहते हैं कि भावना से जुड़ा हुआ, श्रद्धा से जुड़ा हुआ, प्रेम से जुड़ा हुआ, मोहब्बत से जुड़ा हुआ, निष्ठा से जुड़ा हुआ और अपनी अन्तःप्रेरणा से जुड़ा हुआ पैसा आए, चाहे वह कानी कौड़ी ही क्यों न हो?...? चाहे हम पच्चीस आदमी ही क्यों न बुलाएँ, पचास आदमी ही क्यों न बुलाएँ? चाहे हम जिन्दगी भर में थोड़ा ही क...
- हम जो बाकी पेट भरने के अलावा कार्य कर सकते हैं, वह क्यों न करें?...? यह प्रश्न हमारे सामने ज्वलंत रूप से आ खड़ा होगा और हमको यह आवश्यकता मालूम पड़ेगी कि हम अपनी मनःस्थिति ...
- हम जो शोध संस्थान चलाते हैं, वह क्या है?...? यह हमारा वो हीटर है, जिस पर टोस्ट बनाते हैं और उस पर मक्खन लगाकर आपको गरमागरम खिलाना है। आप बना ...
- हम ज्ञानवान का सम्मान करते हैं क्या?...? सदाचारी का सम्मान करते हैं क्या? जिसने समाज के लिए त्याग और बलिदान किया, उसको हम समझते हैं क्या? जिस...
- हम ज्ञानी कहाँ से लायें?...? पण्डित कहाँ से लायें? वे व्यक्ति जिनके भीतर आध्यात्मिकता का प्रकाश आ गया है, वो व्यक्ति हम कहाँ से ...
- हम डुबकी क्यों मारते?...? फिर तो आपको मोती नहीं मिल सकता।
अध्यात्म की गहराई में उतरें
मित्रो! अध्यात्म की गहराई में ...
- हम तलाश करने गए थे?...? हम बिलकुल नहीं गए थे। हमको तो बिलकुल पता ही नहीं चला था। पंद्रह वर्ष के बच्चे को क्या पता चल सकत...
- हम तुझे कैसे लगे?...? अशोक कुमार जैसे? नहीं महाराज जी! आप अशोक कुमार तो नहीं हैं। तो फिर बूढ़े आदमी का क्या देखने आया था? ...
- हम तुझे सिखायेंगे कि अच्छा इस्तेमाल कैसे हो सकता है?...? मालिकी की वजह से हर चीज का गलत इस्तेमाल करता है। शरीर का तू गलत इस्तेमाल करता है; दिमाग का तू गलत इस...
- हम तुमको पकड़ना चाहें तब?...? क्या पकड़ना चाहते थे? जंगल में से हाथी पकड़ना चाहते थे, बेचेंगे तो हाथी पकड़कर लाइए न? हाथी पकड़ने में त...
- हम तुम्हारी तरफ से वकील हैं, मुख्तियार हैं ओर तेरी तरफ से बहस कर रहे हैं और तेरी तरफ से बयान दे रहे हैं और तू चुपचाप बैठा हुआ है और ये पण्डित जी क्या कर रहे हैं?...? ये पण्डित जी जो हैं, लड़की को जो बहस करनी चाहिए, जो प्रतिज्ञा कहनी चाहिए और जो नियम पालन करने चाहिए—जो...
- हम तुम्हें डुबोयेंगे तो नहीं?...? नहीं, आप कैसे डुबो सकते हैं, आप तो हमारे पिता हैं। तो फिर हमारे कन्धे पर बैठ जाइये। हम तुम्हारे समयान...
- हम तेरी औकात, तेरा व्यक्तित्व, तेरी तमीज, तेरा ज्ञान और तेरी पात्रता को इस बात से नहीं जान सकते कि तूने क्या कमाया है?...? लेकिन तूने खरच कैसे किया, यह सीधी बात बताओ। तेरे पास जो अकल है, उसे कहाँ खरच करना है? अगर यह बात बत...
- हम तेरे साथ हैं और अब नहीं, जन्म-जन्मान्तरों तक साथ हैं, देखें तेरा क्या बिगड़ता है?...? मैं समझती हूँ कि भूखा तो रहा नहीं होगा और वह रहने वाला भी नहीं है। वह एक ही नहीं है। मैं तो आप सबके ...
- हम तो अच्छे रहेंगे, किन्तु किसी को अच्छा नहीं बनाएँगे?...? नहीं बेटे! औरों को भी अच्छा बनाना चाहिए जैसे कि चन्दन बनाता है।
मित्रो! मैं आपको यही समझा रहा ...
- हम तो अपनी जेब में जमीन को नहीं रखेंगे, तो क्या करेंगे?...? यह मेरी जमीन है। मेरी जमीन है, तो क्या यह आपने बनाई थी? नहीं, हमने तो नहीं बनाई। तो आपके पिताजी ने ब...
- हम तो आपकी सूरत देखने गये थे और आप दिखा सकते थे, इसमें क्या हर्ज था आपका?...? आपने ये नहीं देखा कि हम कितनी मुसीबत उठाकर के आए और आपने शक्ल नहीं दिखायी, मिलने से इनकार कर दिया। ह...
- हम तो इतनी धन-दौलत छोड़कर जाएँगे कि हमारी औलादें बैठकर खाएँगी, तो आपकी औलादें कैसी हैं?...? अन्धी हैं, बहरी हैं, गूंगी हैं, अपाहिज हैं, जो बैठकर खाएँगी। आप ऐसी गलती मत करना। इन्हें स्वावलम्बी बन...
- हम तो ऐसा ही करेंगे?...? नाक में से पानी पी लिया करेंगे और मुँह में से निकाल दिया करेंगे। बेटे, यह तो अपने आप हो जाता है, इ...
- हम तो गाड़ी में चलते हैं, तो पैदल कैसे घूमेंगे?...? हाँ बेटा! आपको पैदल ही घूमना पड़ेगा। यह वैसा ही समय है, जैसा कि भगवान बुद्ध के समय में धर्मचक्र प्रव...
- हम तो जमा करके रखेंगे, हम नहीं देंगे, तो क्या हो जाएगा?...? जमीन मर जाएगी, गीली हो जाएगी, कीचड़ हो जाएगा, दलदल हो जाएगा और वहाँ कोई पौधा पैदा नहीं होगा। सब जमीन ...
- हम तो तुम्हारी भाभी थीं?...? भाभी पहले कभी थीं अब तो माताजी हैं हमारी। कहाँ चले गए थे। बहुत दूर चले गए थे। अब कहें तो गाँव में रह...
- हम तो तेरे गुरु हैं, हम कैसे दबाएँगे?...? अच्छा तो आप ऐसा कीजिए कि हमारी धोती धोकर लाइए। बेटे ! हम तेरे गुरु हैं हमारी धोती तू धोकर ला। वाह गु...
- हम तो परीक्षा लेने आए थे कि क्या ऐसे भी व्यक्ति होने सम्भव हैं?...? अब हमें विश्वास हो गया कि ये जो मंत्र बोलेंगे, वे फलित होंगे। मित्रो! उसे आप क्यों नहीं समझते? अक्षर...
- हम तो परीक्षा लेने आए थे कि क्या ऐसे भी व्यक्ति होने सम्भव हैं?...? अब हमें विश्वास हो गया कि ये जो मंत्र बोलेंगे, वे फलित होंगे। मित्रो! उसे आप क्यों नहीं समझते? अक्षर...
- हम तो लक्ष्मी जी के पास वरदान लेने जाएँगे?...? सब लोग लक्ष्मी जी के पास वरदान लेने चले गए। लक्ष्मी जी ने अपने वायदे के मुताबिक़ हर आदमी को वरदान दे...
- हम तो सफेद कपड़ा पहने बैठे हैं, पर विचारों की दृष्टि से हम बड़े कमीने हैं, गंदे हैं और आस्थाओं की दृष्टि से?...? आस्थाएँ, श्रद्धा-श्रेष्ठता के ऊपर हमारा विश्वास जगाती हैं। हम चोंगा पहने बैठे हैं।...
- हम तो सबेरे से उठते हैं और सिवाय बदमाशी, बेईमानी के दूसरा काम नहीं करते और आपके विचार?...? हमारे विचारों में तो इतना गन्दापन, इतना कमीनापन, इतनी जलालत भरी पड़ी है कि अगर आप हमारे विचारों को दे...
- हम तो साहब वाइवा देंगे और थ्योरी के परचे आएँगे तो?...? थ्योरी, थ्योरी के झगड़े में हम नहीं पड़ते, हम तो आपको सुना सकते हैं। हम फिजिक्स जानते हैं। देखिए ये ...
- हम तो साहब वाइवा देंगे और थ्योरी के परचे आएँगे तो?...? थ्योरी, थ्योरी के झगड़े में हम नहीं पड़ते, हम तो आपकी सुना सकते हैं। हम फिजिक्स जानते है। देखिए ये हा...
- हम तो साहब वाइवा देंगे और थ्योरी के परचे आएंगे तो?...? थ्योरी, थ्योरी के झगड़े में हम नहीं पड़ते, हम तो आपको सुना सकते हैं। हम फिजिक्स जानते हैं। देखिए ये ...
- हम दर्शन क्यों करा दें?...? हमारे गुरुजी का दर्शन करके तेरा कोई फायदा नहीं हो सकता। कैसे नहीं होगा? बेटे! वो जिन्दगी कहाँ है़ व...
- हम देंगे, आप क्यों देंगे?...? मैंने कहा ऐसी प्रखर बुद्धि के व्यक्ति देंगे। हम संस्कारवान और परिष्कृत व्यक्ति देंगे, जो जिधर जाएँ, ...
- हम देखते हैं कि आप क्या चीज माँगते हैं?...? चलिए आपकी मनोकामना एक चीज पाने की है। अच्छा हम दे देंगे। दूसरी चीज आप चाहते हैं, चलिए उसे भी दे देंग...
- हम देखते हैं कि आपकी जरूरत क्या है?...? आप जो बात कहने आये थे, मैं समझ गया और समझ करके वर्गीकरण कर लिया; वर्गीकरण करके अपने तप के हिसाब से आ...
- हम देखेंगे कि कौन राक्षस आता है, कौन-सा विघ्न आता है?...? आप यज्ञ करिए अर्थात जो आपकी तपश्चर्या है, आप तप करिए और जो रचनात्मक कार्य हम कर सकते हैं, सो हम करें...
- हम दोनों हैरान थे कि गुरुजी को सब बात कैसे पता हो जाती है?...? वास्तव में वे दोनों एक ही थे। कोई नीचे माताजी से बात करता, ऊपर गुरुजी को स्वतः ही वह बात पता हो जाती...
- हम नहीं कह सकते कि आदमी क्या हो सकता है?...? कहते हैं कि आदमी और भगवान एक हो सकते हैं। आदमी इतना विकसित हो सकता है, जितना भगवान। चेतना का परिष्का...
- हम नहीं कह सकते कि आदमी क्या हो सकता है?...? कहते हैं कि आदमी और भगवान एक हो सकते हैं। आदमी इतना विकसित हो सकता है जितना भगवान। चेतना का परिष्कार...
- हम नहीं जानते कि फल क्या मिलेगा या क्या नहीं मिलेगा?...? बहुत से आदमी दुनिया में ऐसे हुए हैं, जिन्होंने बेहद अच्छे-अच्छे काम किए हैं, लेकिन ईसामसीह को फाँस...
- हम नहीं जानते हैं कि असली भगवान् कौन है तथा नकली भगवान् कौन है?...? लोकोपयोगी प्रेरणा देते हैं-धार्मिक दृष्टान्त मित्रो, पिछले दिनों हमने जन्माष्टमी के अवसर पर आपको बतल...
- हम नहीं माँगते, तो कौन माँगता है?...? हमारी औरत माँगती है। अच्छा, औरत की इतनी हिम्मत हो गई है? औरत कभी नहीं माँग सकती। नर में जरा-सी ताकत ...
- हम नहीं रहेंगे, तो फिर क्या करेंगे?...? फिर बनेंगे बेटे भूत |
बेटे! अभी तो हमारी आवाज सुनने के लिए बड़े लालायित होते हो। अरे साहब! हम तो ...
- हम पण्डित और साधु ने क्या नहीं किया?...? हमारी बात मत पूछिये, औरों की बात पूछिये। हम जानते हैं कि हम क्या हैं? भगवान का विश्वासी केवल इस तरह ...
- हम पढ़े-लिखे नहीं हैं?...? कोई जरूरी नहीं है। मैंने कहा न कि शबरी और मीरा कहाँ तक पढ़ी थीं? कबीर कहाँ तक पढ़े थे? रैदास कहाँ तक...
- हम पर भी वे हमला करेंगे?...? आप पर हमला नहीं करेंगे। क्यों? क्योंकि उनकी जिस तरह की खुराक की जरूरत है, आप उस तरह की खुराक नही...
- हम पहले लोगों से कुछ माँगते हैं कि आपके पास क्या है निकालिए?...? तब हम आपको देने के लिए तैयार हैं। जो भी आपके पास हो, पहले हमारे हवाले कीजिए, फिर हम विचार करेंगे कि ...
- हम पहले लोगों से कुछ माँगते हैं कि आपके पास क्या है निकालिए?...? ? तब हम आपको देने के लिए तैयार हैं। जो भी आपके पास हो, पहले हमारे हवाले कीजिए, फिर हम विचार करेंगे क...
- हम पहाड़ कैसे उखाड़ेंगे?...? हमारी अँगुली के ऊपर एक पत्थर आ गया, तो अँगुली का चूरा कर देगा। हनुमान जी चले गए और पहाड़ उठाकर ले आए।...
- हम पाकिस्तान से आए हैं, तो आप हमारा गुजारा कीजिए?...? हम तो शरणार्थी हैं। ठीक है आप शरणार्थी हैं, तो हम थोड़े दिन आपकी सहायता करेंगे। इंसान को इंसान की सह...
- हम पाकिस्तान से आए हैं, तो आप हमारा गुजारा कीजिए?...? हम तो शरणार्थी हैं। ठीक है आप शरणार्थी हैं, तो हम थोड़े दिन आपकी सहायता करेंगे। इनसान को इनसान की सह...
- हम पुस्तकें पढ़ते हैं?...? क्यों पढ़ते हैं आप? साहब! हम तो फिजिक्स पढ़ते हैं। बेटे, फिजिक्स इतना बड़ा विषय है कि आप जैसे तीन सौ ...
- हम पूछते हैं कि आप क्या लड़की का कन्यादान करेंगे?...? क्यों? यह कोई बेचने का सामान है, जो आप बुड्ढे से मोल-तोल करके बेच रहे हैं। यह सम्पत्ति नहीं है, इनसा...
- हम पूछते हैं कि उसमें जो अवगुण हैं, वह खाने वाले में आएँगे कि नहीं?...? आज सामाजिक मान्यता के बारे में, खान-पान के बारे में, पड़ोसी के बारे में हर व्यक्ति की उलटी अकल हो ग...
- हम पूछते हैं कि तेरे रास्ते बन्द होने का क्या कारण है?...? इनसान के रास्ते कभी बन्द नहीं हुए हैं। ब्रूस यूरोप के एक राजा का नाम था, जो तेरह बार लड़ाइयाँ में हार...
- हम पूरा करेंगे?...? बिलकुल हम पूरा करेंगे और कौन करेगा? यह हाथ पूरा करेंगे, जो बैठे हैं। ये करेंगे और इनको करना चाहिए। न...
- हम पृथ्वी पर आए हैं, वही हमारी गोद है, वही हमारा पिता है, हम उसकी गोद में बैठेंगे, इनकी गोद में बैठने से क्या फायदा?...? भगवान की गोदी में बैठेंगे, तो आज तक ध्रुव तारा चमकता है, तारे के रूप में ध्रुव का नाम अब तक विद्यमान...
- हम पैसे वालों के पास नहीं गए और आपको क्यों जाना चाहिए?...? मित्रो ! किसी पैसे वाले के पास हम इसलिए नहीं गए कि हम जिस मिशन को शुरू करने वाले थे, उसकी नींव में ह...
- हम प्रकाश लें—ठीक; पर उद्धार हमारा कौन करेगा?...? हमारा अन्दर वाला देव करेगा, जिसको हम कहते हैं—आत्मदेव। आत्मदेव सबसे बड़ा देव है। आप उसकी पूजा करना। प...
- हम प्रयास कहाँ से करेंगे?...? कौन देगा और कब तक देगा? बेटे, यह माँगने से नहीं मिलेगा। स्वेच्छा से जो अनुदान उत्पन्न होंगे, नया य...
- हम फायदा नहीं उठायेंगे?...? उन्होंने कहा नहीं, कोई आदमी फायदा नहीं उठा सकता। यही दुनिया का कायदा है। भगवान ने हर आदमी के लिए ए...
- हम बच्चे हैं तो एक जैसा खाना क्यों नहीं देतीं?...? माँ ने कहा—बेटे ये मेरी पड़ोसिन का बच्चा है, इसलिए ये भगवान का बच्चा है। तू मेरा बच्चा और तेरे साथ मे...
- हम बताना चाहते हैं कि आध्यात्मिक शक्तियों को जगाने के लिए क्या किया जा सकता है?...? जिस बिल्डिंग को आप देखकर आए हैं, बेटे, वह मात्र बिल्डिंग नहीं है। यह लैबोरेटरी-प्रयोगशाला है। क्या ह...
- हम बताना चाहते हैं कि आध्यात्मिक शक्तियों को जगाने के लिए क्या किया जा सकता है?...? जिस बिल्डिंग को आप देखकर आए हैं, बेटे, यह मात्र बिल्डिंग नहीं है। यह लेबोरेटरी-प्रयोगशाला है। क्या ह...
- हम बहुत भूखे हैं और हमको आप खाना खिला दीजिए?...? शबरी ने कहा—"हमारे पास तो बेर हैं। हम आपको बेर खिला सकते हैं।" लाइए बेर ही खिला दीजिए। कोई हमको खाना...
- हम बाहर के ब्राह्मण से क्या बात करेंगे?...? बाहर के सन्तों से हम क्या कहेंगे, बाहर सन्त कहाँ हैं? उनका नाम लेने से हमारा दिमाग खराब हो जाता है। ...
- हम बाहरी अनेकों बातों को जानते हैं या जानने का प्रयत्न करते हैं पर यह भूल जाते हैं कि हम स्वयं क्या हैं?...? अपने आपका ज्ञान प्राप्त किए बिना जीवन का क्रम बड़ा डाँवाडोल, अनिश्चित और कंटकाकीर्ण हो जाता है। अपने...
- हम बुरे काम कैसे करेंगे?...? दगाबाजी हम कैसे करेंगे और विश्वासघात हम कैसे करेंगे?इन सब बातों से यदि हम अवगत हो जायँ, तो फिर हम ...
- हम बेईमानी किस तरीके से करेंगे?...? हम चालाकी कैसे करेंगे? हम बुरे काम कैसे करेंगे? दगाबाजी हम कैसे करेंगे और विश्वासघात हम कैसे करे...
- हम बैल कहाँ से लायेंगे?...? आजकल बीस रुपये रोज पर बैल आते हैं। क्या भाव हो गया? चार रुपये किलो तो आजकल दूध आता है। एक रुपये मे...
- हम ब्याह करेंगे?...? अच्छा साहब! आप ब्याह कर लीजिए, कोई हर्ज नहीं, परन्तु यदि आपकी सामर्थ्य चली जाए, बुढ़ापे में सब बाल झड...
- हम ब्राह्मण हैं?...? नहीं, हम तो राजपूत हैं। हमारे अन्दर परशुराम जी के तरह से शौर्य, साहस, पराक्रम करने की उमंग उठती रहती...
- हम बढ़िया हैं या आप बढ़िया हैं?...? हम खूबसूरत हैं या आप खूबसूरत हैं। जो आम कड़ा होता है, वह महँगा बिकता है या पिलपिला और पका हुआ आम महँग...
- हम भगवान को थोड़ा-सा प्रसाद चढ़ाना चाहते हैं, धूपबत्ती चढ़ाना चाहते हैं, नाम लेना चाहते हैं और क्या करना चाहते हैं?...? बस, यही करना चाहते हैं, नाम लेना चाहते हैं। हमारे पण्डित जी ने बताया था कि नाम लिया करो और क्या करेंग...
- हम भगवान को सदा स्मरण करें तो क्या कोई रोकेगा?...? अच्छे कार्य के लिए आगे बढ़ें तो क्या कोई रोकेगा अथवा रोक सकता है? बिल्कुल नहीं रोक सकता, यह तो कहने ...
- हम भजन करेंगे, तो हम क्या करें?...? बाबा भजन करेंगे, तो आप करते रहिए भजन। भजन करने वाले ढेरों-के बैठे हैं। चप्पल चुरा ले जाते हैं और दिन...
- हम भिखारी हैं क्या?...? भिखारियों का हम नहीं खाएँगे। भिखारियों का खाएँगे, तो हमारे ऊपर भी वही असर पड़ेगा, जो उनमें है। हम भि...
- हम भी उन्हीं में से एक रहें तो क्या हर्ज है?...? किन्तु वास्तविकता यह है कि धन ही नहीं, स्वास्थ्य, सन्तोष और सम्मान के क्षेत्रों में समृद्ध और सफल चरि...
- हम भी कैसे मानेंगे?...? हम तभी मानेंगे जब उनको उत्कर्षों की कसौटी पर कसते हुए चले जायेंगे। जटायु के बलिदान से लें प्रेर...
- हम भी दीपक जलाएँगे आपके तरीके से तो करामात आ जाएगी?...? करामात आ जाएगी? काहे का जलाते हैं? हम तो घी का जलाते हैं। जला लीजिए। तेल का जलाते हैं, तो आप जला लीज...
- हम भी बच्चों से कहेंगे कि बेटे, तुम अपनी मम्मी से पूछते हो या नहीं कि यह आग किसलिए जलाती हो?...? तुम्हारे पिताजी ने यह कहा था कि हाथ जोड़कर नमन किया करो और चन्दन चढ़ाया करो। यह क्यों किया करते हैं, ...
- हम भी बच्चों से कहेंगे कि बेटे, तुम अपनी मम्मी से पूछते हो या नहीं कि यह आग किसलिए जलाती हो?...? तुम्हारे पिताजी ने यह कहा था कि हाथ जोड़कर नमन किया करो और चन्दन चढ़ाया करो। यह क्यों किया करते हैं, आप...
- हम भी बाल खड़े रखेंगे?...? तो क्या हो जाएँगे? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस्ता है। इससे अच्छा उपाय और क्या हो सकता है! नकल...
- हम भी बाल खड़े रखेंगे?...? तो क्या हो जाएँगे? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस्ता है। इससे अच्छा उपाय और क्या हो सकता है। नकल...
- हम भी स्कूल खोल सकते हैं?...? नहीं बेटे! तू नहीं खोल सकता। क्यों? तेरा कलेजा मक्खी-मच्छर जैसा है। चंदा आएगा तो पहले तू उससे अपना उ...
- हम भी स्कूल खोल सकते हैं?...? नहीं बेटे! तू नहीं खोल सकता। क्यों? तेरा कलेजा मक्खी-मच्छर जैसा है। चंदा आएगा तो पहले तू उससे अपना उ...
- हम भी हनुमान बनना चाहते हैं?...? बेटे! अब तू नहीं बन सकता, क्योंकि जब रावण का जमाना था, रामचंद्र जी का जमाना था, उस जमाने में तू हनुम...
- हम माला को गाली देंगे?...? हम कोई नास्तिक हैं? हम कम्युनिस्ट हैं? हम कौन हैं?
माला के साथ सेवा
हम तो आपको इस बा...
- हम माला को गाली देंगे?...? हम कोई नास्तिक हैं? हम कम्युनिस्ट हैं? हम कौन हैं? माला के साथ सेवा हम तो आपको इस बात का एहसास करा द...
- हम में और तुलसीदास जी में क्या अन्तर है?...? एक अन्तर है। नाक, आँख, कान, दाँत और हाथ-पाँव सब बराबर हैं, पर एक चीज जो उनके अन्दर थी, वह हमारे अं...
- हम में और तुलसीदास जी में क्या अन्तर है?...? एक अन्तर है। नाक, आँख, कान, दाँत और हाथ-पाँव सब बराबर हैं, पर एक चीज जो उनके अन्दर थी, वह हमारे अन्दर न...
- हम में से एक राक्षस के सामने क्यों न चला जाय और ब्राह्मण बालक को क्यों न बचा लिया जाय?...? उनके प्रबल आग्रह ने कुन्ती को बात मानने के लिए बाध्य कर दिया। अब इस सौभाग्य का लाभ कौन उठाये इस पर...
- हम में से हर एक आदमी को यह प्रयास करना चाहिए कि हम ये कहें कि हम भूतकाल में क्या थे?...? हम भूतकाल में भगवान् के अंश थे। हमको भगवान् ने विशेष कामों से भेजा है। जिन लोगों में मेरे ही तरीके स...
- हम मोह के बन्धन में क्यों बँधे?...? मोह और बन्धन एक ही तरह से होते हैं। जिनसे हमको फायदा होता है, उसके साथ हमारी मोहब्बत होती है, लेकिन ज...
- हम यह कहना चाहते हैं कि आपके अन्दर कितनी कमियाँ हैं?...? इसे निकाले बिना आपको हम कुछ नहीं दे सकते। इसी परिमार्जन एवं आत्मशोधन के लिये हम आपको समय-समय पर बुला...
- हम यह क्या कह रहे हैं?...? इसकी तुलना किससे कर रहे हैं? इसकी तुलना बच्चा मर जाने पर शिकायतें पैदा करना शुरू कर रहे हैं। बच्चा म...
- हम यह तलाश करने के लिए पड़े हुए थे कि किसी के पास दिल भी है क्या?...? हृदय भी है क्या? हृदय मीन्स करुणा। करुणा भी किसी के अन्दर है क्या? दरद भी किसी के अन्दर होता है क्या? ...
- हम यह तो नहीं कहते कि आप आरती उतारना, लेकिन इनके सम्मान की इतनी सुरक्षा होनी चाहिए कि कहाँ हम इनके साथ में कैसे सलूक करें?...? नम्रता का करें, जाहिलता का करें, तो जाहिलता का मत करिए, नम्रता का करिए। सब्जी में नमक ज्यादा पड़ गया...
- हम यह देखना चाहते हैं कि आप जब यहाँ आए थे और उस समय आपकी जो भावना थी, उसमें कहीं कच्चापन तो नहीं आ रहा है?...? आप कहीं उसी स्थिति में लौट जाने का मन तो नहीं बना रहे हैं? कहीं आपके अन्दर यह विचार तो नहीं उठ रहे है...
- हम यह नहीं जानते हैं कि आपका बच्चा साहब बनेगा या धूर्त?...? बनता है, तो बन जाए, लेकिन इतना अवश्य है कि वह इंसान नहीं बन सकता।
मित्रो! इंसान बनने के लिए, ...
- हम यह पूछते हैं कि बकरा खाने के बाद कोई बकरे की औलाद कहलाएगा या नहीं?...? यह तो हमें बतलाना। हम पूछते हैं कि उसमें जो अवगुण हैं, वह खाने वाले में आएँगे कि नहीं? आज सामाजिक ...
- हम यह सब पढ़ते और समझते हुए भी नारी शिक्षा से मुँह मोड़ें तो इससे बड़ा दुर्भाग्य क्या हो सकता है?...? अन्ध श्रद्धा और अविश्वास में अधिकांश स्त्रियाँ छली और ठगी जाती हैं। इसमें दोष नारी का नहीं उस प्रवृत...
- हम यही बताने के लिए आज आपके सामने बैठे हैं कि किस विधि से किया?...? विधि नहीं एक और बात पूछी जाए। क्या? विधि तो उसे कहते हैं, जो शरीर से और वस्तुओं की सहायता से, हेरा-फ...
- हम यानी हमारे मिशन का विस्तार कैसे हो?...? जन-चेतना को कैसे जगाया जाए?हमने जुलूस आदि के लिए लोगों को मना कर दिया। इस धूम-धड़ाका से कोई लाभ नहीं ...
- हम ये किसकी बात कह रहे है?...? बेटे, इसी को पिशाच कहते हैं। पाश्चात्य देशों में यही होता है।मित्रो! इसका परिणाम क्या होगा? इसका परि...
- हम ये किसकी बात कह रहे हैं?...? बेटे, इसी को पिशाच कहते हैं। पाश्चात्य देशों में यही होता है।मित्रो! इसका परिणाम क्या होगा? इसका प...
- हम राजकुमार हैं तो क्या हुआ?...? राजापन हमारा अयोध्या में है और गुरु के दरबार में हम शिष्य हैं, हम छोटे हैं। न हम धनी हैं, न निर्धन ह...
- हम रामायण पढ़ लें, तो उससे हमारी मुसीबतें दूर हो जायेंगी?...? पढ़ लीजिए, लेकिन रामचन्द्र जी की जैसी मिट्टी पलीद हुई थी, भगवान करे किसी की भी ऐसी मिट्टी पलीद न ...
- हम रिकॉल करते हैं—‘हम कौन हैं?...? हम क्या हैं?’ याद करते हैं—हमारा कोई रिश्तेदार था—हमारा कोई सम्बन्धी था। कौन रिश्तेदार? मालूम नहीं; ...
- हम रेचक प्राणायाम कर रहे हैं और यह दूसरा?...? पूरक प्राणायाम कर रहे हैं। यह क्या है? साँस खींचने की प्रक्रिया और बाहर निकालने की प्रक्रिया है। साँ...
- हम रेचक प्राणायाम कर रहे हैं और यह दूसरा?...? पूरक प्राणायाम कर रहे हैं। यह क्या है? साँस खींचने की प्रक्रिया और बाहर निकालने की प्रक्रिया है। साँ...
- हम लड़के इनके पास कैसे भेज सकते हैं?...? जब हमारे ही लड़के नहीं हैं, तो हम इनकी कैसे मदद करें, अगर हम अपने लड़के पैदा कर लेते तो आपके भी कर द...
- हम लोग कैसे पढ़ पायेंगे?...? गुरुजी केवल ऐसी बीस पुस्तकें बता दें जो हम पढ़ सकें।’’
तब गुरुजी से कभी भी, कोई भी मिल सकता था। मैं...
- हम लोग जिस सामाजिक व्यवस्था में रह रहे हैं, वैयक्तिक जीवन में रह रहे हैं, उसमें टेंशन के सिवा और क्या चीज हाथ आ सकती है?...? असन्तोष के अलावा, विक्षोभ के अलावा, रोष के अलावा क्या पल्ले पड़ने वाला है? क्रोध के अलावा क्या पल्ले प...
- हम लोग निराश क्यों हों?...? इससे आशा क्यों न बाँधें, जबकि यह गत तीन जन्मों में दिए गए दायित्वों को निष्ठापूर्वक निभाता चला आ रहा...
- हम लोगों ने इसे यज्ञोपवीत नाम क्यों दिया?...? इसके पीछे शिखा के बारे में कोई जानकारी नहीं दी कि शिखा क्या है और उसके पीछे क्या जिम्मेदारियों हैं? ...
- हम लोगों ने इसे यज्ञोपवीत नाम क्यों दिया?...? इसके पीछे शिक्षा के बारे में कोई जानकारी नहीं दी कि शिखा क्या है और उसके पीछे क्या जिम्मेदारियाँ हैं...
- हम लड़के इनके पास कैसे भेज सकते हैं?...? जब हमारे ही लड़के नहीं हैं, तो हम इनकी कैसे मदद करें? अगर हम अपने लड़के पैदा कर लेते तो आपके भी कर देत...
- हम वह चीजें खाते हैं कि कल हमारा पेट खराब हो जाए तो क्या?...? दावत खाने जाते हैं तो खाते ही चले जाते हैं। अरे बाबा पेट में दरद हो जाएगा। अरे साहब! कल दरद होगा तो ...
- हम वह बात कैसे कह सकते हैं?...? लेकिन शायद एक सच्चे इनसान जरूर हैं, हम लाखों-करोड़ों के पिता और माता हैं।
आप माँ के हृदय की पीड़ा ...
- हम वायदा करते हैं कि आपको सिद्धियाँ मिलेंगी, लेकिन बात वहीं आ गई कि, तू इन्हें हजम कैसे करेगा?...? हम सिद्धियाँ देंगे, लेकिन तू हजम नहीं कर सकता। बच्चे को हम सोहन हलुआ खिला दें, बादाम का हलुआ खिला दे...
- हम विश्व को बदलने की हिम्मत रखते हैं, होगा कि नहीं, हमें नहीं मालूम?...? पर हिम्मत तो रखते हैं और जब हम हिम्मत रखते हैं, तो बगैर किसी की परवाह किए कुछ-न-कुछ कर ही डालेंगे।
...
- हम व्यक्ति नहीं हैं, आप यह मत समझना जब बच्चे आते हैं कई बार रोते चले आते हैं, मुझे बहुत बुरा लगता है, दया भी आती है और यह भी आता है कि वे जुड़े थे शरीर से यह स्वाभाविक भी है कि इतनी तड़पन तेरे अन्दर है, तो इसे सही दिशा में क्यों नहीं लगा रहा है?...? जो गुरुजी का कार्य है, इसमें क्यों नहीं लग जाता है? इसमें तपता क्यों नहीं है, तू निखरता क्यों नहीं ह...
- हम व्यक्ति निर्माण के साथ परिवार निर्माण में युगशक्ति गायत्री का प्रवेश कराने वाले हैं और क्या होने वाला है?...? अब बेटे, एक और क्षेत्र में प्रवेश होने वाला है। कौन से वाले में होने वाला है? सारे विश्व में, जिसमें...
- हम शंकर की पूजा करते हैं, पर समस्याओं से घिरे हुए क्यों हैं?...? शंकर की शक्ति वरदान हो करके सामने क्यों नहीं आती? शंकर के भक्त होते हुए भी हम किस तरीके से पिछड़ते और...
- हम शंकर को पूजा करते हैं, पर समस्याओं से घिरे हुए क्यों हैं?...? शंकर की शक्ति वरदान हो करके सामने क्यों नहीं आती? शंकर के भक्त होते हुए भी हम किस तरीके से मिलते और ...
- हम शंकर जी का पाठ करें तब?...? नहीं बेटे ! शंकर जी नहीं मानेंगे, तुझे तो मारकर भगा देंगे। उनके गले में साँप बैठा है। जब तू जाएगा बस...
- हम शक्तिशाली कैसे हो सकते हैं?...? दीर्घजीवी कैसे हो सकते हैं? इसका ताल्लुक इसी से है।दूसरा है—प्राणमय कोश। मूलाधार चक्र इसका केन्द्र ह...
- हम शालिग्राम को बोसा ले लें या पानी चढ़ा दें, तो क्या आफत आ गई?...? प्रतीकों के बिना कुछ नहीं चल सकता। नहीं साहब! ये जो होते हैं कम्युनिस्ट, ये तो मूर्ति नही मानते। उन्...
- हम शिकायत करते हैं बच्चे अनुशासनहीन हैं, कहना नहीं मानते, बुजुर्ग की इज्जत नहीं करते और मास्टरों को धमकाते हैं, यूनिवर्सिटी के शीशे फोड़ देते हैं और यह नहीं करेंगे तो और क्या करेंगे बेचारे?...? छोटेपन से यही देखा और सीखा है। इसे रोकने की जिम्मेदारी मास्टरों, अध्यापकों की नहीं, वरन् उन लोगों की...
- हम सब जानते हैं कि वे कैसे हैं?...? इनकी गवाही सहवासी आपको बतायेंगे। मित्रो! भजन करना धूर्त और मक्कार के लिए भी सम्भव है। यदि आपके पास...
- हम सभी किससे उत्पन्न हुए हैं, किससे जी रहे हैं तथा किसमें प्रतिष्ठित हैं?...? साथ ही किसके अधीन रहकर हम लोग सुख और दुःख का अनुभव करते है।...
- हम सभी मनुष्य क्या इस तरह इस्तेमाल करते हैं क्या?...? नहीं, वह सारी की सारी अमानत हम अपने लिए खर्च करते चले जा रहे हैं। अपने लिए और अपनी औलाद के बाद क्या ...
- हम समझ गये कि आपका क्या मतलब है?...? मित्रो! क्या बात है? जो आदमी मशक्कत करने वाले हैं, परिश्रम करने वाले हैं, उनको हम घृणा करते हैं। आ...
- हम समझ लेंगे की यह राक्षसी योनि का है, भले से मानव हो तो क्या?...? उसके अन्दर जो भी हो तो क्या? लेकिन है वह राक्षस योनि में ही। यहाँ आ गया, पर उसमें कोई परिवर्तन नहीं ...
- हम समय निकाल सकते हैं, तो ये समय क्यों नहीं निकाल सकती हैं?...? यह समय निकाल सकती हैं। दो से पाँच बजे तक का जो तीन घण्टे का टाइम होता है, ये घर-घर जाकर के यह कार्य ...
- हम समस्याओं को कैसे मार पाएँगे?...? समस्याएँ आदमी के सड़े हुए दिमाग में से पैदा होती हैं, सड़े हुए दिल से पैदा होती हैं। पैसे वाले बड़ी-बड़ी...
- हम सर्कस में तो काम नहीं करते?...? नहीं, सर्कस में आप काम नहीं करते। हम कोई नट तो नहीं हैं? नहीं, आप नट भी नहीं हैं। आप तो पादरी हैं। ह...
- हम सविता का शुरू में ध्यान करें?...? नहीं बेटे, शुरू में मत करना, पहले माता का ध्यान करना, बाद में सविता का ध्यान करना। सविता क्या देता ह...
- हम सविता का शुरू में ध्यान करें?...? नहीं बेटे, शुरू में मत करना, पहले माता का ध्यान करना, बाद में सविता का ध्यान करना। सविता क्या देता ह...
- हम सारा कमाया हुआ पैसा बैंकों में क्यों रखते हैं?...? हम सारा कमाया हुआ पैसा बैंकों में क्यों रखते हैं? यदि हम ऐसा न करें तो क्या होगा? (३) अन्याय और पुण्...
- हम सारे के सारे दाने आपकी झोली में उड़ेलकर ही जाएँगे, निश्चित जाएँगे लेकिन हमारी भी तो कामना है कुछ?...? आप समर्थ हो गए हैं। दाढ़ी-मूँछ वाले हैं, माँ-बाप की भी कुछ कल्पनाएँ होती हैं बच्चों से, कि वह पुरुषा...
- हम सारे संसार में किस तरीके से काम करेंगे?...? हम और आप दोनों ही मिलें, तो मजा आ जाए। आप पीछे के लिए क्या छोड़ जाएँगे, मुझे मालूम नहीं। दौलत नहीं छो...
- हम सिनेमा में बैठेंगे, कहाँ बैठेंगे?...? हम तो बालकनी में बैठेंगे, गैलरी में बैठेंगे। अरे बेटे! यहाँ बैठ जाएगा तो क्या हर्ज है, यहाँ भी दिखाई...
- हम सुपरलक्स क्यों लगाते?...? हम तो इसीलिए लगाते थे कि चौबीसों घण्टे यह जो बदबू निकलती रहती है, इसे किसी तरह से दबाएँ तो सही, और लो...
- हम सुपरलक्स क्यों लगाते?...? हम तो इसीलिए लगाते थे कि चौबीसों घण्टे यह जो बदबू निकलती रहती है, इसे किसी तरह से दबाएँ तो सही, और लो...
- हम से आप ले सकते हैं, पर साथ में शर्त यही है कि आप की पात्रता कितनी है?...? आप अपनी पात्रता का विकास करना। आपकी कोई कष्ट-कठिनाई होगी, बेटे! अभी हम जिन्दा हैं। अभी कहीं नहीं जा ...
- हम सोच रहे थे कि यदि गुरुदेव हमारी कार में बैठ कर चलते, तो हमारा कितना सौभाग्य होता?...? गुरुदेव के उठते ही हम अपनी कार के पास पहुँच गये। गुरुदेव आये और हमारी कार के पास आकर खड़े हो गये और ब...
- हम स्वर्ग-मुक्ति पाएँगे?...? नहीं, हमको नहीं चाहिए स्वर्ग-मुक्ति। जब तक हमारा एक भी प्राणी नरक में रहता है, तब तक हमें स्वर्ग की ...
- हम सड़े हुए मनुष्यों और मरे हुए मनुष्यों की मनोकामना पूर्ण करने की जिम्मेदारी कैसे उठा लेंगे?...? हमारे लिए यह बिलकुल असम्भव था, नामुमकिन था। हमारा एक ही ख्याल था कि आप लोग जिन्दा आदमी हैं। अगर आप व...
- हम हँसते-खेलते रहें और गन्दी बातें करते रहें तो इस पर क्या असर पड़ने वाला है?...? यह समझना माता-पिता की बहुत भारी भूल है। वास्तव में छोटा बच्चा इतना अधिक जानकार होता है, जितना बड़ा आ...
- हम हर आदमी से कहेंगे कि आपको अपने कन्धों के ऊपर सामाजिक कर्तव्य क्या हैं?...? कर्म क्या हैं? उसको हम यज्ञोपवीत कहते हैं, जो हमारे कन्धे पर रखा हुआ है। कर्म हमारे कन्धे पर रखा हुआ ह...
- हम हार गये?...? तो चलो, मूँछ मुँड़ा लेते हैं।’’ उल्लेखनीय है कि गुरुदेव क्लीन शेव रहा करते थे। अतः वातावरण ठहाकों से ...
- हमको अपने बीबी-बच्चों के प्रति क्या कर्तव्य करना चाहिए?...? बीबी आपकी काली है तो मुबारक, खराब है तो अच्छी बात; लेकिन आपको अपना फर्ज पूरा करना है। हम किसी की प...
- हमको भय है कि अब न जाने क्या होने वाला है और न जाने क्या हो जायेगा?...? मैंने गहरी साँस ली और कहा कि आप मेरे पास बैठ जाइये। अब हम थोड़ी देर विचार कर लें। ऐसे हुआ उनका इलाज...
- हमको मंत्र कहाँ आते हैं?...? तो फिर आपका नाम प्रधानमंत्री क्यों है? बेटे, मंत्र का नाम है-विचार और तंत्र का नाम है-कर्म। विचार ...
- हमको अकल क्यों नहीं दी गयी?...? अन्य विशेषताएँ क्यों नहीं दी गयीं? भगवान से हमको अकल और बुद्धि क्यों नहीं मिली? बन्दर ने कहा—हमारे ल...
- हमको अगर आवश्यकता पड़े और कहें कि दस-दस रुपए का मनीऑर्डर भेजो यह कौन सा महीना है?...? जनवरी। अगले महीने फरवरी में दस दस रुपए के हिसाब से एक लाख आदमियों के दस लाख रुपए जमा हो जाएँगे। आपका...
- हमको अच्छे काम क्यों नहीं करने चाहिए और भगवान की आज्ञा के अनुसार विश्व में शान्ति लाने के लिए कोशिश क्यों नहीं करनी चाहिए?...? बाप नाराज हुआ, बोला—नहीं मेरा कहना मान। प्रह्लाद ने कहा नहीं, मैं कहना नहीं मानूँगा। उनने कहना नहीं ...
- हमको अपना नफा किसमें है, नुकसान किसमें हैं?...? यह मालूम हो जाए। न हम अपना नफा समझ पा रहे हैं, न हम अपना नुकसान समझ पा रहे हैं। जिन्दगी के हीरे और म...
- हमको अपने जीवन का विकास करते-करते कहाँ जा पहुँचना है?...? वह जगह कहाँ होनी चाहिए? जहाँ हमें पहुँच जाना है, जहाँ तुम्हें पहुँचना है, उसे मैं देवताओं का सिंबल ...
- हमको आखिर करना क्या है और बनना क्या है?...? कराना क्या है और बनाना क्या है?
मित्रो! आप सिर्फ यह ध्यान रखिए कि हमको मनुष्य का चिन्तन, मनुष्...
- हमको आखिर करना क्या है और बनना क्या है?...? कराना क्या है और बनाना क्या है?मित्रो! आप सिर्फ यह ध्यान रखिए कि हमको मनुष्य का चिन्तन, मनुष्य की दृष...
- हमको आपके लिए क्या करना चाहिए?...? आपको ऊँचा उठाने के लिए क्या हम मददगार बन सकते हैं? हाँ, बन सकते हैं। पर हमको हर क्षण अपने आपसे यह ...
- हमको आशीर्वाद देकर आप विवेकानन्द बना सकते हैं?...? बेटे, हम आपको बना सकते हैं। इसके लिए हम व्याकुल भी हैं और लालायित भी, लेकिन पहले तू कीमत तो चुका। ...
- हमको आशीर्वाद देकर आप विवेकानन्द बना सकते हैं?...? बेटे, हम आपको बना सकते हैं। इसके लिए हम व्याकुल भी हैं और लालायित भी, लेकिन पहले तू कीमत तो चुका। नह...
- हमको इतना सुंदर शरीर मिला है, उसका प्रयोग करना, उपयोग करना आता है क्या?...? नहीं। हमको इतना अच्छा स्वास्थ्य मिला हुआ है, उसका हमने सही उपयोग किया नहीं, फिर हम किस मुँह से ईश्...
- हमको और आपको कौन-सा आदर्श पसन्द है?...? शिव पसन्द है, तो आप यह मानकर चलिए कि शिव भगवान कैसे हैं? वे गंगा के रूप में उत्कृष्ट विचारधारा को प्...
- हमको और आपको क्या करना चाहिए?...? हमको और आपको दूसरी वाली महत्त्वाकाँक्षाओं का स्तर बदल देना चाहिए और कायाकल्प कर देना चाहिए। आत्म परि...
- हमको और आपको चुभती है क्या?...? नहीं चुभती। हमारी औरतें सौ गालियाँ देती रहती हैं। और फिर हम ऐसे ही हाथ-मुँह धोकर के आ बैठते हैं।...
- हमको और आपको चुभती है क्या?...? नहीं चुभती। हमारी औरतें सौ गालियाँ देती रहती हैं और फिर हम ऐसे ही हाथ-मुँह धोकर के आ बैठते है। वह फि...
- हमको औलादें दी हैं क्या?...? नहीं, कभी किसी ने नहीं दिया। सन्त, ऋषि और देवता जो किसी आदमी को कुछ दे सकते हैं और देना चाहिए, वह केव...
- हमको किफ़ायती जीवनयापन करना चाहिए, अगर हम तपस्वी जीवन जीना चाहते हैं तब?...? किफ़ायती का जीवन, आदर्श जीवन, सादा जीवन-उच्च विचार वाला जीवन हमें जीना चाहिए। उच्च विचारों की स्थापन...
- हमको किसकी उपासना करनी पड़ेगी?...? हमको प्रकाश की उपासना करनी पड़ेगी, पहली वाली शिक्षा हमको यही मिलती है, क्योंकि हमारा पुरोहित, हमारा ...
- हमको किसकी उपासना करनी पड़ेगी?...? हमको प्रकाश की उपासना करनी पड़ेगी। पहली वाली शिक्षा हमको यही मिलती है क्योंकि हमारा पुरोहित, हमारा यज...
- हमको किसी से माँगने की, किसी के आगे हाथ पसारने की जरूरत क्या है?...? हमको भगवान ने हाथ दिए हैं, कलाइयाँ दी हैं। हम जमीन में लात मारेंगे और पानी निकाल लेंगे। अपनी कलाइयों...
- हमको कैसे पकड़ लिया?...? इसलिए पकड़ लिया कि आप रामचंद्र जी से मुलाकात करा दीजिए। बस, उसके बाद में रामचंद्र जी आए और तिलक लगाया...
- हमको क्या करना पड़ता है?...? बेटे, हमको एक काम करना पड़ता है। जब बादल बरसते हैं, तो पानी जमा करने के लिए हमको गड्ढा बनाना पड़ता...
- हमको क्या करना पड़ेगा?...? गहराई में प्रवेश करना पड़ेगा। हमको यह तलाश करना पड़ेगा कि आखिर विभिन्न समस्याओं की वजह से इन्सान इतन...
- हमको क्या करना है?...? पुरानी चीजों से कैसे आपको छुटकारा पाना है और नई चीजों को कैसे अपनाना है? इन दोनों के लिए एकान्तसेवन आ...
- हमको क्या दिक्कत आ जाती है और क्या परेशानी आ जाती है और उसका क्या हल हो सकता है?...? बहुत-सी बातों के लिए आपस में जैसे दो मित्र बैठकर बात कर लेते हैं, वैसे ही हम दोनों कर लेते हैं। तो म...
- हमको क्या दिक्कत आ जाती है और क्या परेशानी आ जाती है और उसका क्या हल हो सकता है?...? बहुत सी बातों के लिए आपस में जैसे दो मित्र बैठकर बात कर लेते हैं, वैसे ही हम दोनों कर लेते हैं। तो म...
- हमको क्या दिया है?...? यही पूछना चाहते हैं न आप? चलिए, हम आपकी भाषा में ही बोलते हैं कि गुरु ने हमारा दिवाला निकाल दिया है।...
- हमको क्या दिया है?...? यही पूछना चाहते हैं न आप? चलिए हम आपकी भाषा में बोलते हैं कि गुरु ने हमारा दिवाला निकाल दिया है। पैस...
- हमको क्या सलाह देती हो?...? हम खलीफा हैं और तुम हमारी बीबी हो। तुम ऐसा काम करेगी, तो दुनिया हमको क्या कहेगी? मित्रो! उसन...
- हमको जितना लाभ मिलता है, उसका हमको सदुपयोग करना आता है क्या?...? नहीं, हमको धन का सदुपयोग करना आता नहीं। हमको इतना सुंदर शरीर मिला है, उसका प्रयोग करना, उपयोग कर...
- हमको जीभ का तप क्यों करना पड़ता है?...? क्योंकि हमको काम करना पड़ता है, वचन बोलने पड़ते हैं। प्रवचन देने पड़ते हैं, आशीर्वाद देने पड़ते हैं। इसल...
- हमको जो सबसे महत्त्वपूर्ण काम मानकर चलना है, वह यह कि हमारा व्यक्तित्व किस प्रकार का हो?...? न केवल हमारे विचारों का वरन, हमारे क्रिया-कलापों का भी। आपके मन में कोई चीज है, आप मन से बहुत अच्छ...
- हमको जो सबसे महत्त्वपूर्ण काम मानकर चलना है, वह यह कि हमारा व्यक्तित्व किस प्रकार का हो?...? न केवल हमारे विचारों का वरन, हमारे क्रिया-कलापों का भी।...
- हमको तो इतनी अकल ही नहीं है, हम क्या करेंगे?...? भेड़ों से पूछा—जैसे हमारे बच्चे बाल बना लेते हैं, आप भी बना लेंगी क्या? भेड़ों ने कहा—नहीं हम नहीं बना...
- हमको तो दिखाई नहीं पड़ता, हम कैसे पार हो सकते हैं?...? हम तो डूबेंगे।" पंगे ने कहा—"भाई साहब! कठिनाई हमारी भी यही है कि हमारी टाँगे नहीं हैं। बताइए, हम किस...
- हमको तो मालूम नहीं है कि मन की परीक्षा क्या हो सकती है?...? उन्होंने एक मछली का इंतजाम किया, जो एक चक्र के ऊपर घूमती थी, जैसे कि पंखा घूमता है। उस पर उन्होंने य...
- हमको तो यह बताइए कि आपने दैवीय सभ्यता के लिए कितना त्याग किया है?...? कितना बलिदान किया है? कितनी सेवा की है? नहीं साहब! हमने तो ग्यारह कापियाँ लिखी हैं। अच्छा, ग्यारह का...
- हमको तो यह बताइए कि आपने दैवीय सभ्यता के लिए कितना त्याग किया है?...? कितना बलिदान किया है? कितनी सेवा की है?मित्रो! अध्यात्म की प्राचीन परम्पराएँ शालीन परम्पराएँ महान पर...
- हमको दीपक का रहस्य बता दीजिए?...? हम भी दीपक जलाना चाहते हैं। अरे बेटे! हम आपको कैसे बताएँगे? दीपक को पचासों आदमी जलाते रहते हैं, उसके...
- हमको दूसरों को रामायण की कहानी क्या सिखानी है?...? वह तो सबको मालूम है कि एक रामचन्द्र जी थे। उनकी पत्नी को रावण चुरा ले गया था। रामचन्द्र जी को गु...
- हमको देखना चाहिए कि हमारी बिरादरी, हमारी कौम और हमारे समाज में क्या-क्या सामाजिक बुराइयाँ हैं?...? उनमें से कोई न कोई छोड़ी ही जानी चाहिए।इसी तरह से कोई एकाध अच्छाई इसी दीक्षा के समय में सीख लेनी चाहि...
- हमको पाँच साल के लिए राज्य मिला है और पाँच साल बाद हमको और कहीं जाना पड़ेगा, कहीं और रहना पड़ेगा, उसने सोचा कि कहाँ जाना पड़ेगा और कहाँ रहना पड़ेगा?...? जरा देख करके तो आयें। पहले दिन जब गद्दी मिली, तो वह नदी किनारे गया और नाव-जहाज पर सवार हुआ और उस...
- हमको पिण्डदान कौन देगा?...? बेटे, हनुमान जी को पिण्डदान नहीं मिला था। पिण्डदान नहीं मिलेगा, तो क्या हो जायेगा? नहीं साहब! हम त...
- हमको पेंशन नहीं मिलती, तब भी तो हम खाते हैं कि नहीं खाते, तो आपका दिया हुआ खाएँगे?...? हमने कभी किसी का नहीं खाया है, तो आपका क्यों खाएँ, हम नहीं खाएँगे।
बेटे! आज आखिरी दिन आप जा रहे है...
- हमको पोटले भर के दिये हैं क्या?...? हमको औलादें दी हैं क्या? नहीं, कभी किसी ने नहीं दिया। सन्त, ऋषि और देवता जो किसी आदमी को कुछ दे सकते ...
- हमको पढ़ना कहाँ सिखाया गया, हमको गायत्री का अनुष्ठान कहाँ सिखाया गया?...? हम तो नाचने-गाने वाली निकम्मी और बेकार औरतें हैं। क्या इसी का नाम है स्वर्ग? मित्रो! हिन्दुओं के स...
- हमको बीज की जरूरत है, बीज लाइये, बीज बनिए, कहाँ से बीज लायेंगे?...? आप गलिए, वृक्ष बनिए और अपने भीतर से ही फल पैदा कीजिए और प्रत्येक फल में से ढेरों के ढेरों बीज पैदा क...
- हमको भगवान में कोई रस आता है?...? भगवान से हमारा कोई सम्बन्ध है? बिल्कुल नहीं है। भगवान से अगर कोई सम्बन्ध रहा होता तो आपके जीवन की धाराएँ...
- हमको भगवान में कोई रस आता है?...? भगवान से हमारा कोई सम्बन्ध है? बिलकुल नहीं है। भगवान से अगर कोई सम्बन्ध रहा होता तो आपके जीवन की धाराएँ ...
- हमको भी आशीर्वाद दे सकती हैं?...? नहीं बेटे! आपको कोई आशीर्वाद नहीं दे सकती। क्यों? क्योंकि वह जो देवी थी, जो रामकृष्ण परमहंस ने पैदा ...
- हमको भी हजार रुपये मिलेंगे?...? हाँ साहब! आपको भी देंगे। मुनीम जी! आप कौन हैं? राजा कर्ण हैं। लीजिए, आप तो हजार के स्थान पर दो हजार ...
- हमको मकान बनाना आता है और न जाने हमको क्या-क्या आता है?...? हम धनाढ्य बनना चाहते हैं, जमाखोर बनना चाहते हैं, परिग्रही बनना चाहते हैं। यह गलत तरीका है। यह मधुमक्...
- हमको मालूम था कि आप क्या कहने आये हैं?...? आप यह कहने आये हैं कि गुरुजी! हमारी आर्थिक समस्या हल कर दीजिए। बेटे, हम जरूर कर देंगे, क्योंकि हम ...
- हमको यह तलाश करना पड़ेगा कि आखिर विभिन्न समस्याओं की वजह से इन्सान इतना दुःखी क्यों पाया जाता है?...? एक बार तो भर्तृहरि जी लोगों से पूछने लगे कि—‘अरे मूर्खों! अभागे लोगो! तुममें से कोई एक ऐसा आदमी है...
- हमको यह तलाश करना चाहिए कि हम वे ऋषि कहाँ से लायें?...? ब्राह्मण कहाँ से लायें? हम ज्ञानी कहाँ से लायें? पण्डित कहाँ से लायें? वे व्यक्ति जिनके भीतर आध्यात...
- हमको यह बात मालूम करनी पड़ती है कि हमको जाना कहाँ है?...? चलना कहाँ है? यदि आपकी मंशा में यही उद्देश्य निहित है तो हम आपकी पूजा की बराबर प्रशंसा करेंगे और बरा...
- हमको याद आ गया कि शायद द्रापदी के जैसे भगवान आकर जूता को थाम लिए हैं क्या?...? जब वहाँ से बाहर निकले रोते हुए तो एक आदमी हमको थोड़ी दूर जाने पर मिल गया बोले क्यों रो रहे हो। झोली ल...
- हमको ये बीजमंत्र बताइये?...? मत पूछिये। हमने ऐसा नहीं पूछा है। साधनाओं के बारे में हमने कभी अपने बॉस से यह नहीं पूछा—आप हमें ये ब...
- हमको ये साधना बताइये?...? हमको ये बीजमंत्र बताइये? मत पूछिये। हमने ऐसा नहीं पूछा है। साधनाओं के बारे में हमने कभी अपने बॉस से ...
- हमको रूई की तरह से क्यों धुना गया?...? इसमें हमारी अच्छाइयाँ हैं। हमको रूई की तरह से धुना जाएगा, तो हम फूल जाएँगे। रूई की कोई ताकत नहीं होत...
- हमको शक्ल दिखा देते, तो क्या खराबी हो जाती?...? हम कोई शंका-समाधान करने गये थे आपसे? हम कोई माँगने गये थे? हम तो आपकी सूरत देखने गये थे और आप दिखा स...
- हमको शीशे में अपना मुँह देखना चाहिए कि हमारा मुँह काला तो नहीं?...? हम कलंकी तो नहीं हैं? कलंकी हैं, तो हम राक्षस हैं और हमारे दाँत बड़े-बड़े हैं। दाँत बड़े-बड़े से मतलब? द...
- हमको संन्यास की महत्ता बतानी पड़ेगी, समझानी पड़ेगी कि व्यक्ति संन्यासी क्यों होता है और क्यों होना चाहिए?...? संन्यासी को क्या करना चाहिए और वह क्या-क्या करता है? संन्यासी का स्वरूप साफ नहीं करेंगे तो आप देखना,...
- हमको समाज की व्यवस्थाओं को सही रखने के लिए जिस चीज की आवश्यकता है, उस काम को क्यों नहीं करना चाहिए?...? इससे हमारे सम्बन्धियों को नुकसान पहुँचता है, तो पहुँचे, हम क्या कर सकते हैं। इसलिए गीताकार ने कर्म को ...
- हमको हजार बार धिक्कारेगा और यह कहेगा कि ये बुद्धिजीवी थे, ये ज्ञानवान थे, ये सन्त थे, ये ऋषि थे?...? हमने देख लिया इनका मिशन और देख लिए इनके ये बेटे, यह मत कहलवाना। हमको मरना मंजूर है; लेकिन कलंक का यह...
- हमने पूछा कि क्या यह अन्य लोगों की नहीं है?...? उन्होंने कहा कि नहीं, ब्राह्मण जन्म से नहीं, कर्म से होता है। जो ईमानदार, नेक, शरीफ है तथा जो समाज...
- हमने अखण्ड ज्योति आपके पास भेजी थी है आपने मँगायी थी?...? नहीं, हमने भेजी थी। बेटे, जिस तरह राम-लक्ष्मण को लेने विश्वामित्र दशरथ के पास गए थे, वैसे ही हमने आप...
- हमने अगर अपने कपड़े को साफ नहीं किया, तो उस कपड़े पर कैसे गुलाबी, पीला रंग चढ़ाएँगे?...? आपके भीतर की कीचड़ साफ करनी पड़ेगी। आप सड़ा हुआ दिमाग, कूड़ा भरा हुआ दिमाग लेकर आये थे। हमने यह कोशिश की...
- हमने अपने अन्दर को खोलकर आपको दिखाया ताकि आप देख सकें कि हमारे अन्दर कितनी प्रसन्नता है, कितनी शान्ति है, कितनी प्रगति है?...? अगर आपको भी हिम्मत है, तो आप अपने गुरु का अनुग्रह खरीदकर ले आएँ। हमने भी अपने गुरु का अनुग्रह खरीदकर...
- हमने अपने आपको निचोड़ा तो देखिये क्या बन गये?...? अगर आपने अपने आपको निचोड़ दिया तो हमारा एक काम जरूर करना और वह यह कि हमारे विचार-हमारी आग को लोगों ...
- हमने अपने आपको कितना कसा है, शरीर को, इन्द्रियों को कितना कसा है?...? अपने व्यवहार को कितना कसा है? अपनी इच्छा-आकांक्षाओं और महत्त्वाकांक्षाओं को चूरा करके फेंक दिया है। ...
- हमने अपने आपको निचोड़ा तो देखिये क्या बन गये?...? अगर आपने अपने आपको निचोड़ दिया तो हमारा एक काम जरूर करना और वह यह कि हमारे विचार-हमारी आग को लोगों तक...
- हमने अपने जिम्मे क्या लिया है?...? हम एक उस तरह की तपश्चर्या कर रहे हैं, जिस तरह की भगीरथ ने की थी। भगीरथ ने तपस्या की तो क्या हुआ? गंग...
- हमने अपने मन को, बुद्धि को तपाया है, पर आपकी बुद्धि तो ऐसी चाण्डाल है, ऐसी पिशाचिनी है कि क्या कहें?...? किसी के जिन्दगी की समस्या को हल करने का सवाल था तो आपकी अकल, आपकी बुद्धि ने ऐसी मक्कारी की कि क्य...
- हमने अपने मन को, बुद्धि को तपाया है, पर आपकी बुद्धि तो ऐसी चाण्डाल है, ऐसी पिशाचिनी है कि क्या कहें?...? किसी के जिन्दगी की समस्या को हल करने का सवाल था तो आपकी अकल, आपकी बुद्धि ने ऐसी मक्कारी की कि क्या ...
- हमने अपने शरीर भगवान् के काम में लगाया और भगवान ने हमारे भीतर अपना शरीर लगा दिया और क्या हुआ?...? हमने जो बोया वह हजार गुना हो गया। हमने अपना सारा का सारा जीवन भगवान के लिए लगा दिया है। जहाँ हमारा ज...
- हमने आपको तीन यूनीवर्सल उपासनाएँ बताई थीं?...? ये तीन यूनीवर्सल उपासनाएँ कौन-सी हैं? एक है—'जप'। जप सारे यूनीवर्स में चलता है। आप मुसलमानों में...
- हमने आपको दुनिया को सुन्दर-समुन्नत बनाने के लिए, ऊँचा उठाने के लिए, आदर्शवादी बनने और बनाने के लिए, अपने सहायक-असिस्टेण्ट के रूप में भेजा था, आपने वे काम किये कि नहीं?...? ? आपको हमने इतनी सुन्दर अकल, दिमाग, इतने सुन्दर हाथ-पाँव दिये थे, जो धरती पर और किसी को नहीं मिले। आ...
- हमने आपको पीले कपड़े पहना दिये, कोई फर्क पड़ गया क्या?...? नहीं पड़ा। पीले से क्या मतलब है? पीले से तो दूसरे रंग और भी अच्छे होते हैं। काली पैंट और हरे टैरी...
- हमने आपको बसन्ती चोला इसलिए पहनाया कि आपको यह ध्यान बना रहे कि आप क्या करने जा रहे हैं?...? और क्या करने का उद्देश्य आपके कन्धे पर इस कपड़े के रंग के हिसाब से लाद दिया गया है। बेटे, यह किसका र...
- हमने आपसे क्या कहा है?...? हमने आपसे यह कहा था कि उसको माँ कहिए। इस तरीके से आप उन्हें माँ कहिए, जिस तरीके से शिवाजी के सामने ए...
- हमने इज्जत पाई है और हमने क्या पाया है?...? सांसारिक जीव क्या चाहते हैं? सांसारिक जीव पैसा चाहते हैं। पैसा आपके पास है? हम आपको क्या हवाला दें क...
- हमने इतने दिन कैसे काटे होंगे, किन परिस्थितियों में काटे होंगे?...? लेकिन हम उनके लिए कुरबान हैं, हम उनके लिए समर्पित हैं, तो वे जो कदम उठाएँगे, वह हम भी उठाएँगे। कोई द...
- हमने इन दिनों में यह नहीं जाना कि गेहूँ किसे कहते हैं, नमक एवं शक्कर किसे कहते हैं?...? हमने गायत्री मंत्र की उपासना अवश्य की है, परन्तु हमारे बास तथा हमारे जीव एक एग्रीमेंट है, क्या एग्रीम...
- हमने इन दिनों में यह नहीं जाना कि गेहूँ किसे कहते हैं, नमक एवं शक्कर किसे कहते हैं?...? हमने गायत्री मंत्र की उपासना अवश्य की है, परन्तु हमारे बॉस तथा हमारे बीच एक एग्रीमेण्ट है। क्या एग्र...
- हमने उनको क्यों बुला करके रखा है?...? सम्बन्ध बनाकर क्यों रखा है?मित्रो! जिस तरीके से माली अच्छे से अच्छे फूलों को चुन लेता है, हमने भी अप...
- हमने एक आदमी का ऐसा पल्ला पकड़ा, किस तरीके से पल्ला पकड़ा?...? पैर पकड़ा कि हाथ पकड़ा, गर्दन पकड़ी? नहीं, न हमने गर्दन पकड़ी, न हाथ पकड़ा, न पाँव पकड़ा बल्कि ‘करिष्ये वच...
- हमने एक बार समर्थ गुरु रामदास के बारे में पता लगाया कि उन्हें जो उछाल आया था, उमंग आयी थी, वह कौन-सा महीना था?...? वह था वसन्त का महीना। ऐसा उनमें उछाल आया जैसा कि तूफान आता है। बगल में पत्नी बैठी थी। उसने देखा कि बच...
- हमने एक वर्ष में क्या-क्या भूलें की हैं और हमारे अन्दर क्या-क्या कमियाँ थीं?...? हमारे अन्दर क्या दोष और दुर्गुण थे? उनको हम न दोहराएँ।
यह प्रायश्चित का पर्व है, जिसका कि आज आपको प...
- हमने कई बार पूछा कि स्वामी जी आप इन पैसों का क्या करते हैं?...? हर साल आपको हजारों रुपये की आमदनी होती है, आप उसका क्या करते हैं? बता दीजिए। वे कहते थे कि पैसे फँ...
- हमने कमाया और जमा कर लिया तो क्या बात हो गई?...? भाई साहब! हमने मान लिया कि आपने बेईमानी से नहीं कमाया है, मेहनत से कमाया है, लेकिन मैं कहता हूँ कि भ...
- हमने कमाया और जमा कर लिया तो क्या बात हो गई?...? भाई साहब! हमने मान लिया कि आपने बेईमानी से नहीं कमाया है, मेहनत से कमाया है, लेकिन मैं कहता हूँ कि भ...
- हमने कमाया है तो क्या हमको नहीं मिलेगा?...? हम फायदा नहीं उठायेंगे? उन्होंने कहा नहीं, कोई आदमी फायदा नहीं उठा सकता। यही दुनिया का कायदा है। भ...
- हमने कमाया है?...? तो क्या करें? हम कमाते हैं, इसलिए हम अकेले ही खाएँगे—"केवलाघो भवति केवलादी" अर्थात जो आदमी आप ही कमा...
- हमने कर्मकाण्ड कराये, यज्ञोपवीत पहनाया और आपको याद दिलाया कि आपके जीवन का मकसद, आपके जीवन का लक्ष्य क्या है?...? इनसान के कलेवर में रहने वाले शैतान को ठोकर मारकर भगा दीजिए और जिस भगवान के निवास करने की पूरी-पूरी ग...
- हमने कहा कि गायत्री मंत्र की दीक्षा तो हम पहले से लिए हुए हैं, फिर दोबारा देने का क्या अर्थ है?...? उन्होंने कहा कि आपके पहले गुरु ने यह कहा था कि यह ब्राह्मणों की गायत्री है। अब हम यह बतलाते हैं कि...
- हमने कहा कि आप क्यों नहीं कर सकते हैं?...? उन्होंने कहा कि हम नहीं कर सकते हैं, यह काम आपको करना होगा। हमारा गुरु हमारी जीभ है और हम उसकी नाक ह...
- हमने कहा कि आप तो कहते ही चले जाते है, पर बजट का क्या होगा?...? उन्होंने कहा कि आपके बजट से कोई मतलब नहीं है। यह हमारा बजट है, जिसमें पाँच दिनों तक चार लाख आदमियों ...
- हमने कहा कि आप हमें जेल भिजवाएँगे क्या?...? उन्होंने कहा कि इसका मतलब यह है कि मालिक का सारा कामकाज अपने जिम्मे ले लो, तो मालिक आप पर निर्भर हो ...
- हमने कहा कि इसमें से बीस लाख निकाल दिया जाए तो कितना रुपया बचेगा?...? उनने कहा-तीस लाख।मैंने कहा-मेरे पास तीस पैसे भी नहीं हैं, फिर भी देखिये-अगर गवर्नमेन्ट आपके बीस ला...
- हमने कहा कि कहाँ एक हजार रुपये और कहाँ एक लाख रुपये?...? साहब! आप कागज और पेन्सिल लेकर बैठ जाइये। हम दस प्रतिशत ब्याज देते हैं और ब्याज पर ब्याज-चक्रवृद्धि...
- हमने कहा कि कहाँ बोया जाए?...? उन्होंने कहा कि भगवान् के खेत में। हमने पूछा कि भगवान् कहाँ है और उनका खेत कहाँ है? उन्होंने हमें ...
- हमने कहा कि कहाँ बोया जाये?...? उन्होंने कहा कि भगवान के खेत में। हमने पूछा कि भगवान कहाँ है और उनका खेत कहाँ है? उन्होंने हमें इशार...
- हमने कहा कि गायत्री मंत्र की दीक्षा तो हम पहले से लिए हुए हैं, फिर दोबारा देने का क्या अर्थ है?...? उन्होंने कहा कि आपके पहले गुरु ने यह कहा था कि यह ब्राह्मणों की गायत्री है। अब हम यह बतलाते हैं कि ब...
- हमने कहा कि नहीं, हम इसे कैसे पी सकते हैं?...? मित्रो ! अगले दिनों लोगों को खाने से ज्यादा मजा खिलाने में आयेगा। अकेले खाने वालों को अगले दिनों लोग...
- हमने कहा पहले कि हम ये बात का फैसला कर सकें कि हमको क्या करना चाहिए?...? क्या करने के लिये किसी महती शक्ति के साथ में आप सम्बन्ध जोड़िए और कठपुतली के तरीके से उसका कहना मान क...
- हमने कहा, ‘‘पण्डित जी, मेरी भी कुण्डली देखकर बताइये, हम क्या बनेंगे?...? ’’ पण्डित जी ने मेरी माँ से कहा, ‘‘बिटिया की उच्च शिक्षा और राज योग है, लेकिन भरी जवानी में मृत्यु यो...
- हमने कहा-गुरुदेव आप हमारे पास ही क्यों आए और हमें क्यों परेशान किया हैं?...? उन्होंने बतलाया कि हम बहुत दिनों से एक शिकारी कुत्ते की तरह से घूमते रहे और तुम्हें खोजते रहे। जब तु...
- हमने कहाँ हिन्दू नहीं हो मुसलमान हो क्या?...? यह तो मूर्ति लादना है तुम्हें कम में लादना चाहिए। इतना कहने पर चार-पाँच कुलियों ने मिलकर घेर लिया। ब...
- हमने कहा—इस जेवर का हमें क्या करना?...? हमको रोटी खानी है। कपड़ा पहनना है। इसके लिए कोई घाटा नहीं है। भगवान ने हाथ-पाँव दिए हैं और भगवान ने ...
- हमने कहा—क्या किया है?...? उन्होंने कहा, हम तो मारवाड़ियों की कुल देवी हैं। हमारा नाम खोरयाणी माता है। लोगों ने हमारे बारे में अ...
- हमने क्या अपने जीवन को प्यार किया?...? नहीं, हमने अपने जीवन को प्यार नहीं किया। हमें भगवान का कितना बहुमूल्य अनुदान मिला था, जिसका हमें उ...
- हमने क्या किया और क्या पाया?...? पाने की बात मालूम है आपको, जिसे मैं हजार बार बता चुका हूँ। शरीर की बाबत बता चुका हूँ कि यह शरीर भगवा...
- हमने क्या किया है?...? आप क्या समझते हैं कि हमने किताबें लिखी हैं, लेख लिखे हैं, लेक्चर देते हैं, पूजा करते हैं। अरे भाईसाह...
- हमने क्या पाया?...? क्या खोया? आप समझते हैं न हमने क्या गँवाया? कुछ भी नहीं गँवाया हमने। आप हमारे गाँव चले जाइये, देखिए ...
- हमने क्या बताया था?...? हमने यह बताया था कि आप गायत्री की माता के रूप में पूजा किया कीजिए। माता कैसी है? गायत्री माता का फोट...
- हमने क्या ली शपथ?...? दीक्षा के दिन हमने ये शपथ ली कि हम मनुष्य का जीवन जियेंगे और मनुष्य के सिद्धान्त और मनुष्य के आदर्शो...
- हमने क्यों कमाया?...? सिकंदर ने
अपने दोनों हाथ ताबूत से बाहर निकाल दिए। वह इसलिए निकलवा दिए कि देखने वाले यह देखें कि सिक...
- हमने क्यों कमाया?...? सिकंदर ने अपने दोनों हाथ ताबूत से बाहर निकलवा दिए। वह इसलिए निकलवा दिए कि देखने वाले यह देखें कि सिक...
- हमने क्यों नहीं सहा?...? जिस तरीके से शंकर जी ने विष पिया था जनहित के लिए, इसी तरह हम भी अपने परिवारीजनों के लिए, जिसको हम अप...
- हमने क्यों नहीं सहा?...? भरसक प्रयास किया गया कि प्रत्येक परिजन का जिस तरीके से शंकर जी ने विष पिया था, जनहित के लिए इसी तरह ...
- हमने गायत्री मंत्र की उपासना अवश्य की है, परन्तु हमारे बास तथा हमारे जीव एक एग्रीमेंट है, क्या एग्रीमेंट है?...? पहला यह कि आप नेक इनसान की तरह जीवन जीने का प्रयास करेंगे। हमने नेकी तथा शराफत के आधार पर जीवन जीने ...
- हमने चौबीस दिन का अनुष्ठान किया था, अब क्या करें?...? अरे, हमारा अनुष्ठान मर गया। मरने से क्या मतलब होता है? मरने से मतलब यह है कि हम सफल न हो सके। हमारा ...
- हमने जरा भी जमीन खरीदी है, डेढ़ लाख लग गया और उन्होंने कितनी जमीन खरीदी?...? करोड़ों रुपए की जमीन खरीदी विनोबा ने, भूदान यज्ञ में सहयोग दिया था। आपको सहयोग मिलता है? किसी का नही...
- हमने जरा-सी जमीन खरीदी है, डेढ़ लाख लग गया और उन्होंने कितनी जमीन खरीदी?...? करोड़ों रुपये की जमीन खरीदी विनोबा ने, भूदान यज्ञ में सहयोग दिया था। आपको सहयोग मिलता है? किसी का नह...
- हमने जीवन भर में करोड़ों रुपये कमाये, वह सब यहीं रह जायेगा?...? हाँ साहब! बिल्कुल यहीं रखा रहेगा। सिकन्दर फूट- फूट कर खूब रोया। लोगों ने पूछा कि क्या बात है? उसने...
- हमने जो घी हवन कर दिया, वह कहाँ गया?...? घी कहीं जलता नहीं है।दुनिया में कोई चीज नष्ट नहीं होती है। आपको साइंस का थोड़ा ज्ञान होना चाहिए। दुनि...
- हमने जो चाहा था, वह मिला कि नहीं मिला?...? मिलना, न मिलना आपके हाथ की बात नहीं है। यह परिस्थितियों और प्रारब्ध की बात है। यह आपके प्रारब्ध की...
- हमने जो दीपक जलाया है, वह क्या है?...? आग है, परन्तु हमारी श्रद्धा दूसरे प्रकार की है। हमने उसे कभी भी आग के रूप में नहीं, प्रकाश के रूप मे,...
- हमने तीन बातों का आह्वान किया और यह कहा कि मनुष्य में देवत्व का उदय किस तरीके से होगा?...? जो प्रलोभन से दूर होंगे। दूसरी है—जिम्मेदारी। गुरुजी ने हमेशा कहा कि हर व्यक्ति को अपनी जिम्मेदारी म...
- हमने तो एक साधारण परिवार में जन्म लिया, परन्तु भगवान ने हमें न जाने कहाँ से कहाँ पहुँचा दिया?...? आज संसार भर में लोग हमें एक महापुरुष के रूप में, एक महान व्यक्ति के रूप में जानते हैं। हमारे विचार अ...
- हमने तो दुकान खोल रखी है?...? किसकी दुकान खोल रखी है? ‘शर्मा फुटवियर’ की। फुटवियर क्या होता है? अरे साहब! चप्पलों की दुकान है। आपक...
- हमने तो देखे नहीं हैं?...? यह क्या है? खाली अलंकार है। दैत्य का तरीका क्या होना चाहिए? चेहरा कलंक की कालिमा से पुता हुआ। जिन्हो...
- हमने तो पहले ही कर लिया था, तो अब कैसे करें?...? बेटे, समय की पुकार है, करना ही पड़ेगा और आपको करना ही चाहिए। आपको समय नहीं दिखाई पड़ रहा है। आप उसको...
- हमने दसवीं पास की है, तो हम कैसे लगा सकते हैं?...? बेटे! इसके लिए आई.सी.एस., पी.सी.एस पास करनी पड़ती है। मेडिकल फिटनेस का सर्टीफिकेट भी नहीं है? नहीं, व...
- हमने दिमाग से कहा—आप हमारे हैं या हम आपके हैं?...? दिमाग ने कहा—हम तो आपके हैं। हमने कहा—तब तो आपको हमारी बातें, हमारा कहना मानना चाहिए। उसे समझा दिया—...
- हमने देखा कि आपके यहाँ तो प्रेमभाव है, सहकारिता है, उदारता है, सेवा है, फिर हम कैसे आपको छोड़ेंगी?...? बस, लक्ष्मी जी आ गईं और गरीबी चली गई।
दृष्टिकोण का परिष्कार : प्रशिक्षण का मर्म
मित्...
- हमने देखा कि आपके यहाँ तो प्रेमभाव है, सहकारिता है, उदारता है, सेवा है, फिर हम कैसे आपको छोड़ेगी?...? बस, लक्ष्मीजी आ गईं और गरीबी चली गई।दृष्टिकोण का परिष्कार-प्रशिक्षण का मर्म मित्रो! हमारा अध्यात्म त...
- हमने न जाने क्या-क्या विचार किया है और आप अपनी सुविधा के लिए धर्मशाला का लाभ उठाना चाहते हैं?...? नहीं, यह धर्मशाला नहीं है। यह कॉलेज है, विश्वविद्यालय है। कायाकल्प के लिए बनी एक अकादमी है। हमारे सत...
- हमने नारी के प्रति क्या क्या अत्याचार नहीं किये है?...? नारी को अबला की श्रेणी में रखकर उसका अपमान किया है। हम अपने शरीर का आधा अंग बेकार कर चुके हैं और मूर...
- हमने नारी के प्रति क्या-क्या अत्याचार नहीं किया है?...? नारी को अबला की श्रेणी में रखकर उसका अपमान किया है। हम अपने शरीर का आधा अंग बेकार कर चुके हैं और मूर...
- हमने नारी के प्रति क्या-क्या अत्याचार नहीं किया है?...? नारी को अबला की श्रेणी में रखकर उसका अपमान किया है। हम अपने शरीर का आधा अंग बेकार कर चुके हैं और मूर...
- हमने पूछा कि आपने क्या चीज सूँघी है?...? उन्होंने कहा कि हमने आपके अन्दर एक चीज सूँघी है और वह है आपकी श्रद्धा। श्रद्धा से रहित आदमी के पास भग...
- हमने पूछा कि क्या मुसीबत है आपको?...? उन्होंने बतलाया कि यह दुनिया बहुत खराब हो गई है। इस दुनिया को बदलना है, उसमें आप सहयोग कीजिये तथा हम...
- हमने पूछा कि क्या यह अन्य लोगों की नहीं हैं?...? उन्होंने कहा कि नहीं, ब्राह्मण जन्म मे नहीं, कर्म से होता है। जो ईमानदार, नेक, शरीफ है तथा जो समाज क...
- हमने पूछा कि ब्रह्माजी जिन्होंने एक हजार वर्ष तक तप किया, वे कैसे शाप दे सकते हैं?...? हमने पूछा कि विश्वामित्र वे ऋषि हैं, जिन्होंने गायत्री के ऊपर पी-एच. डी. की, उसे वह कैसे शाप दे सकते...
- हमने पूछा कि ब्रह्माजी जिन्होंने एक हजार वर्ष तक तप किया, वे कैसे शाप दे सकते हैं?...? हमने पूछा कि विश्वामित्र वे ऋषि हैं, जिन्होंने गायत्री के ऊपर पी. एच. डी. की, उसे वह शाप दे सकते हैं...
- हमने पूछा कि भगवान कहाँ है और उनका खेत कहाँ है?...? उन्होंने हमें इशारा करके बतलाया कि यह सारा विश्व ही भगवान का खेत है। यह भगवान विराट है। इसे ही विराट...
- हमने पूछा कि भगवान् कहाँ है और उनका खेत कहाँ है?...? उन्होंने हमें इशारा करके बतलाया कि यह सारा विश्व ही भगवान् का खेत है। यह भगवान् विराट् है। इसे ही ...
- हमने पूछा गुरुजी, ‘‘इस सेट का नाम क्या होगा?...? ’’ गुरुजी बोले, ‘‘ये ‘क्रान्तिधर्मी साहित्य’ होगा।’’ हम लोगों ने लगभग छः माह तक बाकायदा कक्षाएँ चलाकर...
- हमने पूछा-क्या आप लोगों ने शंकर भगवान का दर्शन नहीं किया?...? लोगों ने कहा कि हमने तो दर्शन कर लिया और अब हम जा रहे हैं। हमने कहा कि हम तो आपके साथ शंकर भगवान का ...
- हमने पूछा—आप क्या सहायता करेंगे?...? उन्होंने कहा—हम एक ही सहायता करेंगे, तुम्हारी कामनाओं को भावनाओं में बदल देंगे। कामनाएँ किसे कहते है...
- हमने बहुत पाया और अपने प्रभाव की दृष्टि से न जाने क्या-क्या पाया?...? मैं वह आदमी हूँ कि किसी की सेवा करने के लिए खड़ा हो जाऊँ और अपने मन से आशीर्वाद देने लगूँ, तो न जाने...
- हमने भगवान के यहाँ खाते में देखा था और यह पूछा था कि आपके यहाँ भजन का कोई एकाउण्ट है?...? उन्होंने कहा कि नहीं, यहाँ भजन का कोई एकाउण्ट नहीं है। हमारे यहाँ शराफत का एकाउण्ट है और आपने जि...
- हमने भी नहीं देखा वे भी यही कहेंगे तो कहाँ से आ गया हिन्दुस्तान में?...? जाने कहाँ से आता है, गुरुजी कहाँ से नहीं आता है।भूत सारी दुनिया में नहीं मिलता। बुखार सारी दुनिया मे...
- हमने मन ही मन सोचा स्वामी जी हमें प्रणाम क्यों कह रहे हैं?...? ’’
तब तक स्वामी जी स्वयं ही बोले, ‘‘आचार्य जी के शिष्य हो तुम। महाकाल के शिष्य हो तुम। युग देवता क...
- हमने यह कभी नहीं सोचा कि इससे समाज की क्या स्थिति होगी?...? हर संस्था वालों ने, सरकार ने इस बात की पुष्टि की है कि हर आदमी अपने मौलिक अधिकारों का उपभोग करने के ...
- हमने यह नियम बना रखा है कि जब कभी कोई हमसे मिलने के लिए आता है तो हमने उससे मिलने के लिए सीमित समय निर्धारित कर रखा है; बाकी समय क्या करते हैं?...? बाकी समय मौन रहते हैं। अधिक से अधिक कितनी देर लोगों से बात कर सकते हैं? लोगों से हम छह घण्टे से ज्याद...
- हमने विचार किया कि हमें इस जयंती वर्ष में क्या करना चाहिए?...? हम यानी हमारे मिशन का विस्तार कैसे हो? जन-चेतना को कैसे जगाया जाए?हमने जुलूस आदि के लिए लोगों को म...
- हमने शंकर जी की पूजा की, हनुमान जी की पूजा की, गणेश जी की पूजा की और न जाने क्या-क्या चाहा?...? लेकिन कोई कामना पूरी न हो सकी। हम एक को छोड़कर के दूसरे पर गए। दूसरे को छोड़कर के तीसरे पर गए। क्या ...
- हमने शंकर जी की पूजा की, हनुमान जी की पूजा की, गणेश जी की पूजा की और न जाने क्या-क्या चाहा?...? लेकिन कोई कामना पूरी न हो सकी। हम एक को छोड़कर के दूसरे पर गए। दूसरे को छोड़कर के तीसरे पर गए। क्या ...
- हमने शुरू में बताया था कि जब हम अपने बहिरंग को तपाते हैं, तो जैसे पानी को तपाने से भाप बन जाती है, उसी तरीके से आदमी का बहिरंग व्यक्तित्व जब तप के द्वारा तपाया जाता है, तो उस तपस्वी के क्या कहने?...? दधीचि तपस्वी थे। इन्द्रलोक में हाहाकार मचा हुआ था। उन्हें एक ऐसा हथियार चाहिए था, जिससे वृत्तासुर को...
- हमने सब्जी खाई और चार दिन दाँत साफ नहीं किए तो क्या होगा?...? ’’
बालक-‘‘हमारे मुँह से दुर्गन्ध आएगी और कीड़े पड़ जाएँगे।’’
प्रशिक्षक-‘‘अतः हमें नित्य दाँत साफ करने ...
- हमने समाज को दिया है, यह हम अपने मुख से क्या कह सकते है?...? हमारे शरीर छोड़ने के याद आप लोग याद करेंगे कि हमने क्या किया है और किसको क्या दिया है। हमारे जाने के ...
- हमने सुना है कि भगवान बुद्ध जब मरने को हुए, तब लोगों ने उनसे पूछा—"क्या आप मुक्ति में जाने वाले हैं?...? स्वर्ग में जाने वाले हैं?" तब उन्होंने कहा—"नहीं, ऐसी बात नहीं है। हम स्वर्ग और मुक्ति में नहीं जा स...
- हमने सुना है देवता कृपा करते हैं?...? देवता कृपा नहीं करते, भौतिक जीवन में योग्यताएँ काम करती हैं, पुरुषार्थ काम करता है। जापानियों से पूछ...
- हमने सोचा कि इस एकान्त में, सुनसान में हम कैसे रह सकते हैं?...? सुनसान में आदमी नहीं रह सकता है। हमने वहाँ भी अन्य प्राणियों का कुटुँब बना लिया। कुटुँब के बिना मनुष...
- हमने हमेशा यह सोचा कि हमारे पास सुख है तो उसे किस तरह से बाँट सकते हैं?...? अगर किसी के पास दु:ख है, तो उसे किस तरह से दूर कर सकते हैं? यही हमने अपने पूरे जीवनकाल में किया है। ...
- हममें से एक राक्षस के सामने क्यों न चला जाए?...? और ब्राह्मण बालक को क्यों न बचा लिया जाए? उनके प्रबल आग्रह ने कुंती को बात मानने के लिए बाध्य कर दिय...
- हममें से कितने लोग ऐसा सोचते हैं कि हमारा कितना समय आवश्यक और उपयोगी कार्यों में लगता है और कितना व्यर्थ के कामों में, सैर-सपाटे, मित्रों में गपशप, खेल-तमाशे, मनोरंजन, आलस्य, प्रमाद आदि में हम कितना समय नष्ट करते हैं?...? व्यर्थ की बकवास, अनावश्यक कार्यों में हम जितना समय नष्ट करते हैं यदि उसका लेखा-जोखा लें तो प्रतीत हो...
- हमसे और आपसे भगवान क्या चाह सकता है और हम और आप भगवान को क्या दे सकते हैं?...? हम तो एक जर्रा हैं, कण हैं और वह तो ब्रह्माण्ड के बराबर विस्तृत है। हम क्या दे पाएँगे उसको? हम उसको ...
- हमसे कहाँ आलस्य-प्रमाद हो रहा है?...? कहाँ चूक हो रही है? यह ठीक से मालूम नहीं चल पाता। जो भूलें बार-बार होती हैं, उन्हें सुधारने में व अप...
- हमसे किसी को विरोध हो, तो बना रहे, हम किसी के लिए क्या करें?...? हम उसको कैसे समझाएँ और हमें जो करना है, करेंगे।
गुरुजी ने एक पुस्तक लिखी थी—‘‘स्त्रियों का गायत्री ...
- हमसे क्या अपेक्षा है?...? हमसे जो अपेक्षा है, इस लायक हम बने कि नहीं बने?
यदि आप बन गए, तो सही अर्थों में आप गायत्री माता क...
- हमसे जो अपेक्षा है, इस लायक हम बने कि नहीं बने?...? यदि आप बन गए, तो सही अर्थों में आप गायत्री माता के बेटे हैं। गुरुजी के आप शिष्य हैं और माताजी के आप ...
- हमसे तो यह पूछिये कि असली धर्म क्या है?...? बेटे, असली धर्म उस चीज का नाम है, जो मनुष्य की जिम्मेदारी को प्रभावित करता है और कर्तव्य ज्ञान कराता...
- हमसे न हो इसकी स्कीम बनाइये, गलतियाँ न होने देने का तरीका क्या है?...? क्या हम करेंगे? और अपने आपको, अपने आप में जब कच्चाइयाँ आयेंगीं, जब आपको कच्चाइयाँ ये मजबूर करेंगी, क...
- हमारा वरदान आपके क्या काम आया?...? क्या आप वरदान की वजह से आये हैं? वरदान की वजह से आप नहीं आये। क्यों आते हैं आप? आप हमारे प्यार की ...
- हमारा असली शिक्षण क्या है?...? हमारा असली शिक्षण वहाँ से शुरू होता है, जब हमारे चौबीस अनुष्ठान पूरे हुए थे। ठीक है लोग जौ की रोटी...
- हमारा इलाज कराइए, कहने की क्या जरूरत है?...? हमको पहले से ही मालूम था कि आप बीमार हैं। आपकी हम सेवा करेंगे। जो आदमी समझदार होते हैं, वे कहे बिना ...
- हमारा कर्तव्य क्या है?...? हमारे जीवन का स्वरूप क्या है? हमको मालूम नहीं है। मूल चीज को हम एकदम भूल जाते हैं। बाहर की सब चीजें ...
- हमारा कहना तो तूने माना नहीं और स्वयं भीम-अर्जुन बना नहीं, फिर तेरा कहना मानकर तेरा बेटा भीम-अर्जुन कैसे हो जायेगा?...? बेकार की बातें बकता है। मित्रो! क्या करना पड़ेगा? नई-नई चीजें माँगने की अपेक्षा, नई-नई ख्वाहिशें, नई-...
- हमारा कितना काम हर्ज होता है?...? तू समझता नहीं है क्या? महाराज जी मैं बी.ए. करूँगा, एम.ए. करूँगा, नौकरी करूँगा। नहीं बेटे, तू नौकरी...
- हमारा कुछ लाभ हो जाता है क्या?...? हाँ, हमारा एक लाभ हो जाता है और वह यह कि इससे हमें ख्याल आता है कि धूप बत्ती के तरीके से और कंडी क...
- हमारा कुटुम्ब कहाँ रहेगा?...? इसलिए विचार करते हैं—कल की सम्भावनाओं के लिए आज की व्यवस्था बनाना हर एक समझदार आदमी का काम है। आप एक ...
- हमारा कुटुम्ब कहाँ रहेगा?...? इसीलिए विचार करते हैं। कल की सम्भावनाओं के लिए (आज का) आज की व्यवस्था बनाना हर एक आदमी का काम, हर सम...
- हमारा कौन सा भगवान्?...? कैसा भगवान्? आपके जीवन का लक्ष्य पैसा था और वह भाग-भाग कर उसी पैसे में लगा था। आप सिनेमा ही तो देखते...
- हमारा क्या कर्तव्य है?...? हमारे जीवन का स्वरूप क्या है? हमको मालूम नहीं है। मूल चीज को हम एकदम भूल जाते हैं। बाहर की सब चीजें ...
- हमारा क्या लक्ष्य है?...? हमारा क्या कर्तव्य है? हमारे जीवन का स्वरूप क्या है? हमको मालूम नहीं है। मूल चीज को हम एकदम भूल जाते...
- हमारा क्या होना है?...? बेटे! हमारा क्या होना है? वह पूछते-पूछते वह बूढ़ी हो गई। बुढ़िया पूछती रहती है कि बेटा! हमारा भी कुछ ह...
- हमारा खेत क्यों खराब करते हैं?...? चीता तो बड़ा भयंकर होता है, तुझे मालूम नहीं है। हमला कर देगा तो मार डालेगा। तो क्या आप मरने से डरते ह...
- हमारा ख्याल है कि गंगा सर्वप्रथम भागीरथ की अन्तरात्मा में कैसे आयीं होंगी?...? सामान्य मनुष्य बड़ा तेज एवं चालाक होता है। उसे अपने अलावा किसी की बात समझ में नहीं आती है। उसे तो केव...
- हमारा चिन्तन किधर चलना चाहिए?...? चिन्तन को कहाँ लगाना चाहिए? अस्त-व्यस्त चिन्तन की रोक-थाम हमें कैसे करनी चाहिए? चिन्तन का परिष्कार हमको...
- हमारा चिन्तन क्या होना चाहिए?...? हमारी आस्था क्या होनी चाहिए? इन सारी समस्याओं के समाधान हम उस खिलौने के माध्यम के द्वारा तलाश कर सकत...
- हमारा जीवन कहाँ चलना है?...? हमें क्या बनना है? कहाँ जाना है? अपने लक्ष्य के सम्बन्ध में जिस समय आप एक ही विषय पर विचार कर रहे होंग...
- हमारा जीवन क्या है?...? यह सोचें। हम जनसेवा के लिए व्रत लें। जिस तरीके से माँ गंगा बहती चली जाती है, क्या हमारा जीवन ऐसा है?...
- हमारा जीवन क्या है?...? यह सोचें। हम जन सेवा के लिए व्रत लें। जिस तरीके से माँ गंगा बहती चली जाती है क्या हमारा जीवन ऐसा है?...
- हमारा जीवन जो आज वसन्त पंचमी के दिन आप लोगों के सामने आया, इसकी क्या विशेषता है?...? इसकी कोई विशेषता नहीं है। मात्र एक विशेषता है— ‘करिष्ये वचनं तव’ की। एक ऐसी सर्वशक्तिमान सत्ता ने हम...
- हमारा जो मन है, उसे अगर यहाँ-वहाँ जाना हो तो हमें राम-नाम के जंजाल में नहीं फँसना चाहिए?...? किसका जप करना चाहिए? मेरे ख्याल से आपको रावण का जप करना चाहिए—रावणाय नमः, कुंभकरणाय नमः, मेघनादाय नम...
- हमारा जो मन है, उसे अगर यहाँ-वहाँ जाना हो तो हमें राम-नाम के जंजाल में नहीं फँसना चाहिए?...? किसका जप करना चाहिए? मेरे ख्याल से आपको रावण का जप करना चाहिए-रावणाय नम:, कुंभकरणाय नम:, मेघनादाय नम...
- हमारा तप उनके लिये पहले नम्बर पर है; हमारी मदद उनके लिये पहली प्राथमिकता है और दूसरे?...? दूसरे हैं—जरूरतमन्द। जरूरतमंद किसे कहते हैं? जरूरतमंद उसे कहते हैं, जिसका किसी वजह से काम रुका हुआ ह...
- हमारा तालाब सूख जाएगा, तो फिर क्या होगा?...? हमारी उन्नति का आधार समाप्त हो गया है। हमारे पास ज्ञान है, परन्तु हमारे मस्तिष्क का चिन्तन खराब है...
- हमारा थैला कहाँ गया?...? इसमें से डायरी कौन ले गया? अच्छा भगत जी ले गये। यह कौन से भगत हैं? यह भगत हैं आप, शंकर भगवान की ...
- हमारा दिमाग कहाँ खराब हुआ है?...? हमारा तो ईमान खराब हुआ है। हम आज भी आदमी के ईमान को बदलना चाहते हैं। दिमाग को हम कब बदलना चाहते है...
- हमारा दिल टूट रहा है-ऐसा हम महसूस कर रहे हैं, परन्तु क्या हम आपको छोड़ देंगे?...? यह कभी नहीं हो सकता। भूत जो होता है, वह जिसे चाहता है, उसके पीछे लगा रहता है। हम भी आपके पीछे-पीछे...
- हमारा नमूना होगा और हमारे आचार्य कैसे होने चाहिए?...? उनका रहन-सहन उनकी बोल-चाल उनका व्यवहार, उनका आचरण, उनका उठना-बैठना उनका खान-पान बिलकुल ऐसा होना ...
- हमारा नाम क्या हो गया?...? लाश। फिर मनुष्य भी—मनुष्य नहीं रह जाता। अगर मनुष्य के भीतर से प्राण निकल गया, तो फिर वह मनुष्य कैसे ...
- हमारा परिवार किस तरह से जुड़ा है, आप देखते नहीं?...? माताजी आपकी माताजी हैं। वे अगर आपकी माताजी हैं, तो हम भी आपके पिताजी हैं। आपने इस परिवार में यह नहीं...
- हमारा पालन करना तुम्हारा कर्तव्य है, तुम पाप करते हो तो इससे हम लोगों को क्या मतलब?...? अपने पाप के भागी तुम खुद होगे।परिजनों का उत्तर सुनकर रत्नाकर की आँखें खुल गईं। उसकी विचारधारा बदल गई...
- हमारा पेट कैसे भरेगा?...? बेटे! तेरा पेट भर जाएगा। मैं तुझे यकीन दिलाता हूँ कि तेरा पेट भर जाएगा। जब चींटी का पेट भर सकता है, ...
- हमारा प्रभाव है?...? नहीं। आपके पूर्व जन्मों के संस्कारों की महत्ता।शेर ने एक बच्चे को जो भेड़ों के झुण्ड में घूमता रहता ...
- हमारा बच्चा जिन्दा रहना चाहिए?...? भाई साहब! आपका बच्चा जिन्दा रहेगा, तो पड़ोसी के घर में बच्चा पैदा नहीं हो सकता। नहीं साहब! हमारे घर म...
- हमारा बच्चा बीमार होगा, तो हम किस तरीके से देखेंगे?...? बच्चा गलती करेगा, तो हम कैसे देखते रहेंगे। आप में से कोई भी आदमी दुःख में होगा, परेशानी में होगा, कष...
- हमारा बाप मर गया, नौकरी लगवा दीजिए, इसके लिए अथवा सिद्धि के लिए गए थे?...? बिलकुल नहीं गए थे। उन्होंने ढूँढ़ लिया था और हमारा गुरु? हम तलाश करने गए थे? हम बिलकुल नहीं गए थ...
- हमारा बेटा तो कहना नहीं मानता, फिर दुनियाँ क्यों और कैसे मानेगी?...? दुनिया हमें क्या कहेगी? दुनिया को हम क्या कर सकते हैं? दुनिया जो कहेगी, सो कहेगी। बस हर आदमी के लिए ...
- हमारा बैरी ज्यादा से ज्यादा क्या कर सकता है?...? मार ही तो सकता है। अगर हार्ट फेल हो जाये, तो भी मरना ही होता है। बीसियों आदमियों का हार्ट फेल हुआ है...
- हमारा भी कुछ होना है क्या?...? और आप कहते रहते हैं कि अरी बुढ़िया! तू तो मरने वाली है; तेरा तो यही बद्रीनाथ है; तू कहीं मत जा, यहीं ...
- हमारा भी चक्रवेधन हो जाएगा?...? नहीं, आपका नहीं हो सकता। तो फिर आप विधि छिपा रहे होंगे? नहीं बेटे ! विधि हम नहीं छिपाते हैं। विधि तो...
- हमारा भी चक्रवेधन हो जाएगा?...? नहीं, आपका नहीं हो सकता। तो फिर आप विधि छिपा रहे होंगे? नहीं बेटे! विधि हम नहीं छिपाते हैं। विधि तो ...
- हमारा मन और हमारी उपासना कैसे समर्थ हो सकती है?...? बेटे, हमने आपको जप करने की जो विधि बताई थी, पूजा करने की विधि बताई थी, उसमें खाद और पानी लगाया ज...
- हमारा मन कह रहा है कि हम क्या-क्या काम कर डालें?...? हम चाहते हैं कि आपके अन्दर भी इस वसन्त पर्व के अन्तर्गत ऐसी ही उमंग उठे। आप भी ऐसा ही सम्पत्तिवान तथा...
- हमारा मन कहीं और रहता है, तन कहीं और रहता है यह भी कोई भक्ति है?...? भक्ति तो वह है जिसमें आराध्य से भक्त कहता है कि जो भी देना है दीजिए, हमारे पापों का निष्कासन कीजिए, ...
- हमारा मन कहीं और रहता है, तन कहीं और रहता है, यह भी कोई भक्ति है?...? भक्ति तो वह है, जिसमें आराध्य से भक्त कहता है कि जो भी देना है दीजिए, हमारे पापों का निष्कासन कीजिए,...
- हमारा मन क्या है?...? अरे भाई! खाद्य पदार्थ है और क्या है मन। हमें क्या करना चाहिए? वाणी को परिष्कृत करने के लिए हमारा आहा...
- हमारा मन क्या है?...? अरे भाई! खाद्य पदार्थ है और क्या है मन। हमें क्या करना चाहिए? वाणी को परिष्कृत करने के लिए हमारा आहा...
- हमारा मन डाँवाडोल हो जाता है और कई बार यह विचार करने लगते हैं कि हमारी पूजा सार्थक है अथवा नहीं?...? अगर हमारी पूजा सार्थक रही होती, तो हम दूसरों की अपेक्षा अर्थात् जो नास्तिक हैं, उनसे कुछ ज्यादा अच...
- हमारा मन था कि आप लोगों को बुलाकर आपकी भी ऐसी ही कुण्डलिनी जगा पाऊँ तो कितना अच्छा?...? मालूम नहीं मेरे सौभाग्य में वैसा कुछ सुयोग है कि नहीं जैसा कि मेरे गुरु में था। मेरे गुरु ने एक और च...
- हमारा मन बड़ा चालाक, बड़ा बेईमान, बड़ा दुष्ट और जालिम है जो हमको न जाने क्या-क्या पढ़ाता और कराता रहता है?...? मित्रो! हम मनस्वियों की नयी पीढ़ी बनाने के इच्छुक हैं। ऐसे मनस्वी, ऐसे हिम्मत वाले अपने मन के स्वामी ...
- हमारा लक्ष्य क्या है, हमारा उद्देश्य क्या है?...? हमारे संकल्प क्या हैं, हम करना क्या चाहते हैं? यह अपनी एक दिशा और धारा बनाने वाली बात है।
सा...
- हमारा लक्ष्य क्या है, हमारा उद्देश्य क्या है?...? हमारे संकल्प क्या हैं, हम करना क्या चाहते हैं? यह अपनी एक दिशा और धारा बनाने वाली बात है। साक्षी है ...
- हमारा लक्ष्य क्या है?...? इसके लिए हमने अपने-अपने इष्टदेव मुकर्रर किए हुए हैं। एक दिन मैंने ताजमहल का हवाला दिया था, जहाँ मॉडल...
- हमारा लक्ष्य क्या है?...? हमारा कर्तव्य क्या है? हमारे जीवन का स्वरूप क्या है? हमको मालूम नहीं है। मूल चीज को हम एकदम भूल जाते...
- हमारा लक्ष्य क्या हो सकता है?...? राम की सुगन्ध से हम सुगन्धित बनना चाहते हैं, इसलिए हम उसके नजदीक बैठते हैं, हम उसके पास बैठते हैं। ग...
- हमारा लक्ष्य क्या होना चाहिए?...? लक्ष्य की प्राप्ति के लिए क्या करना चाहिए? और किस दिशा में कदम बढ़ाना चाहिए? देवपूजन प्रत्येक आध्यात...
- हमारा लक्ष्य, हमारा उद्देश्य क्या होना चाहिए?...? हमारे क्रियाकलाप क्या होना चाहिए? हमारी गतिविधियाँ क्या होनी चाहिए? हमारा चिन्तन क्या होना चाहिए? हमा...
- हमारा शरीर आपके सामने बैठा हुआ है, कैसा है?...? इसमें उँगलियाँ हैं, हाथ हैं, नाक है, कान हैं, दाँत हैं, बाल हैं। इसे हम देखते हैं। छू भी सकते हैं इस...
- हमारा शरीर आपके सामने बैठा हुआ है, कैसा है?...? इसमें अँगुलियाँ हैं, हाथ हैं, नाक है, कान है, दाँत है, बाल हैं। इसे हम देखते हैं। छू भी सकते हैं इस ...
- हमारा शरीर एक यज्ञ है, हाथों ने कमाया, पर क्या हाथ ने खाया?...? नहीं, हाथ ने नहीं खाया। किसने खाया? मुँह ने खाया। मुँह ने खा करके अपने पास जमा रखा? नहीं, जमा नहीं र...
- हमारा शरीर काम का तो है, लेकिन अगर यह मर जाए इसमें से प्राण निकल जाए तब?...? क्या कीजिएगा इस शरीर को? तब इस शरीर की कितनी कीमत उठा पाइएगा? आप इस शरीर को बाजार में ले जाइए और कहि...
- हमारा शरीर काम का तो है, लेकिन अगर यह मर जाए, इसमें से प्राण निकल जाए तब?...? क्या कीजिएगा इस शरीर को? तब इस शरीर की कितनी कीमत उठा पाइएगा? आप इस शरीर को बाजार में ले जाइए और कहि...
- हमारा शरीर कैसे पैदा हुआ?...? यह शरीर माँ के त्याग का परिणाम है। माँ ने हमें अपने पेट में नौ महीने तक रखा। अपना खून, माँस, हड्डिया...
- हमारा सामाजिक जीवन, राष्ट्रीय जीवन, हमारा आर्थिक जीवन कितना जटिल और कितना जकड़ा हुआ बनता चला जा रहा है?...? विज्ञान की प्रगति के बावजूद, धन की प्रगति के बावजूद इनसान के लिए एक अजीब समस्या उत्पन्न होती चली जा ...
- हमारा सीमितपन क्यों हो?...? हम मोह के बन्धन में क्यों बँधे? मोह और बन्धन एक ही तरह से होते हैं। जिनसे हमको फायदा होता है, उसके साथ...
- हमारा सूक्ष्म शरीर कितना कीमती है?...? बहुत कीमती है। क्यों? क्योंकि दुनिया में जो कुछ भी बेहतरीन चीजें हैं, वे सब दिमाग की पैदावार हैं।
...
- हमारा ही बच्चा है, यह आप क्यों कहते हैं?...? यह क्यों नहीं सोचते और कहते कि भगवान का बच्चा है। यह हमारी बीवी हैं, क्यों कहते हैं? यह क्यों नहीं क...
- हमारी अन्तश्चेतना जब विकसित होती है तो कैसी हो जाती है?...? ऐसी हो जाती है जिसको सिद्धि कहते हैं, जिसको हमको सँभालना और सँजोना आता है, इसे जीवन में हम संस्कृति ...
- हमारी अकल इतनी बड़ी है कि मैं नहीं समझता कि मनुष्य से श्रेष्ठ इस दुनिया में कोई चीज हो सकती हैं?...? आदमी की अकल कमाल की है। इसने जमीन को स्वर्ग बनाकर रख दिया। जब आदमी पैदा नहीं हुआ था, तो यह जमीन ऊ...
- हमारी अकल काम आये, हमारी बुद्धि काम आये, हमारा ज्ञान काम आये, हमारा पुरुषार्थ काम आये, तो दुनिया में क्या कोई भूखा रह सकता है?...? नहीं, तब कोई भी आदमी भूखा नहीं रह सकता।
मित्रो! यह मनुष्यों की स्वार्थपरता, कृपणता और संकीर्णता ह...
- हमारी अन्तर्चेतना जब विकसित होती तो कैसी हो जाती है?...? ऐसी हो जाती है जिसको सिद्धि कहते हैं, जिसको हमको सँभालना और सँजोना आता है, इसे जीवन में हम संस्कृति ...
- हमारी आँखें, हमारा चेहरा, हमारी वाणी, हमारी स्मरण शक्ति, हमारा प्रभाव— यह सारी-की चीजें कौन खा जाता है?...? आप जानते हैं? हाँ, एक दाद खा जाता है और वह दाद है—हमारी कामेन्द्रिय के ऊपर खुजली मचानेवाला। उसने...
- हमारी आज्ञा के बिना कैसे करेंगी?...? इस तरीके से इंद्रियों के ऊपर हुकूमत अगर हम कर पाएँ तो हम गुलामी के बन्धन से मुक्त हो जाएँ। जिसके लिए ...
- हमारी आज्ञा के बिना कैसे करेंगी?...? इस तरीके से इन्द्रियों के ऊपर हुकूमत अगर हम कर पाएँ तो हम गुलामी के बन्धन से मुक्त हो जाएँ। जिसके लिए...
- हमारी आत्मा को आनन्द कैसे मिल सकता है?...? आत्मा को आनन्द मिलने के लिए जिस रास्ते पर चलना पड़ता है, उस रास्ते को श्रेय कहते हैं और जिसमें शरीर...
- हमारी आत्मा को बल नहीं दे सकता और क्या सूर्यनारायण तक वह जल पहुँच सकता है?...? नहीं पहुँच सकता। देख लीजिए आपका चढ़ाया हुआ जल जमीन पर पड़ा हुआ है, सूर्यनारायण तो लाखों मील दूर हैं।...
- हमारी आत्मा को बल नहीं दे सकता और क्या सूर्य नारायण तक वह जल पहुँच सकता है?...? नहीं पहुँच सकता। देख लीजिए आपका चढ़ाया हुआ जल जमीन पर पड़ा हुआ है, सूर्यनारायण तो लाखों मील दूर हैं।...
- हमारी आत्मा में से देवता क्यों निकलना चाहिए?...? यज्ञ हमको यही शिक्षण देता है। यह बड़ी महत्त्वपूर्ण फिलॉसफी थी यज्ञ की, जो हिन्दुओं ने पूरे विश्व के ल...
- हमारी आवश्यकताएँ क्या हैं?...? " माँ ने जवाब दिया—"बेटे! आवश्यकताएँ कम-से-कम में पूरी हो सकती हैं और इच्छाएँ किसी से भी पूरी नहीं ह...
- हमारी आवश्यकताएँ क्या हैं?...? माँ ने जबाव दिया—बेटे! आवश्यकताएँ कम से कम में पूरी हो सकती हैं और लक्जरी किसी से भी पूरी नहीं हो सक...
- हमारी आस्था क्या होनी चाहिए?...? इन सारी समस्याओं के समाधान हम उस खिलौने के माध्यम के द्वारा तलाश कर सकते हैं, जो शंकर के रूप में बना...
- हमारी आस्थाओं में क्या-क्या गलतियाँ भरी पड़ी हैं?...? उनको आप तलाश कीजिए और उनको बुहारिए, झाड़ू लगाइये। कूड़े को फेंक करके आइए। ‘‘म...
- हमारी आस्थाओं में क्या-क्या गलतियाँ हैं?...? हमारी आस्थाओं में क्या-क्या गलतियाँ भरी पड़ी हैं? उनको आप तलाश कीजिए और उनको बुहारिए, झाड़ू लगाइये। क...
- हमारी इन्द्रियों ने कहा, जीभ ने कहा कि जब सब लोग शक्कर, दाल, नमक आदि खाते हैं, तो आप क्यों नहीं खाते?...? हमने कहा—हम लोगों के रास्ते पर नहीं चल सकते हैं। लोगों के कहने पर हम चलेंगे, तो वे हमारे जीवन को तबा...
- हमारी उन्नति कैसे होगी?...? मैं तो गरीब हूँ पेट पालना मेरे लिए मुश्किल है। मेरे लिए उन्नति के द्वार रुके हुए हैं।
मनुष्य की...
- हमारी और हमारे समय की कीमत तुझे मालूम है कि क्या है?...? हमारा समय बड़ा कीमती है।
कोई शिकवा नहीं, कोई शिकायत नहीं
तू हमको कितने रुपये का नौकर...
- हमारी औलाद का क्या होगा?...? हम आपको पूर्ण विश्वास दिलाते हैं कि आपका पेट भी भरेगा तथा आपकी औलाद भी ठीक रहेगी। हमारा पेट भी भर रह...
- हमारी कोई जिम्मेदारी है क्या?...? जिम्मेदारी निभाइए
बेटे! हमने तीन बातों का आह्वान किया और यह कहा कि मनुष्य में देवत्व का उदय किस तरी...
- हमारी क्या है हम तो नंगे फिरते हैं, हमारे लिए ठण्ड की क्या बात है?...? पर ऐसा नहीं होता। वह कहता है कि आप वैरागी हैं और आप तो कपड़े पहनते हैं। आपको कपड़े सुखाने पड़ेंगे। हमार...
- हमारी क्रियाओं में क्या-क्या गलतियाँ हैं?...? हमारी आस्थाओं में क्या-क्या गलतियाँ हैं? हमारी आस्थाओं में क्या-क्या गलतियाँ भरी पड़ी हैं? उनको आप तल...
- हमारी गतिविधियाँ क्या होनी चाहिए?...? हमारा चिन्तन क्या होना चाहिए? हमारी आस्था क्या होनी चाहिए? इन सारी समस्याओं के समाधान हम उस खिलौने के...
- हमारी गतिविधियाँ चलती ही रहनी चाहिए, ऐसा नहीं हो कि कार्यक्रम हो गए, अब हमको क्या करना है?...? छोटे-छोटे कार्यक्रम कर लेते हैं, बड़े कर लेते हैं, पर अब क्या करना है? यह नहीं होना चाहिए, निरन्तर क...
- हमारी चेतना मजबूत, हमारा बहिरंग मजबूत, हमारा अन्तरंग मजबूत हो, इसके लिए हमको क्या करना चाहिए?...? साधना करनी चाहिए, उपासना करनी चाहिए। उपासना के लिए मैं ब्रह्मवर्चस बना रहा हूँ और कोशिश करूँगा कि आप...
- हमारी चेतना, हमारा चिन्तन, हमारी भावना जब भगवान की चेतना के साथ, भगवान की भावना के साथ बैठती है और लिपट जाती है, तब क्या होता है?...? वह हमारी उपासना होती है। इस उपासना में शक्ति आती है, आनन्द आता है, रस आता है। उपासना में अनुभूति होती...
- हमारी जरूरतें कितनी हैं?...? इनसान की आवश्यकताएँ क्या हैं? मुट्ठी भर का पेट। तीन मुट्ठी चावलों की खिचड़ी से हमारा गुजारा हो जाता ह...
- हमारी जान-पहचान किससे है?...? हमारी जान-पहचान भगवान् से है। जान पहचान का चमत्कार आदमी की पहचान बड़े आदमी से होने पर काम बन जाता है।...
- हमारी जिन्दगी में क्या परिवर्तन होना चाहिए और हमें अपना क्या विकास करना चाहिए?...? अगर फूल चढ़ा दिया, तो उसके गुण हमको ध्यान रखने चाहिए कि हमें अपनी जिन्दगी में क्या करना है? हमें क्या...
- हमारी जिन्दगी में क्या-क्या होता है?...? हमारी भीतर वाली शक्ति कितनी है? बेटे यह समझो कि सारे सौरमण्डल में जितनी ताकत और जो ढर्रा है, वह सब ढ...
- हमारी जिन्दगी में क्या-क्या होता है?...? हमारी भीतर वाली शक्ति कितनी है? बेटे, यह समझो कि सारे सौरमण्डल मे जितनी ताकत और जो ढर्रा है वह सब ढं...
- हमारी जिम्मेदारियाँ कौन पूरी करेगा?...? आप नहीं भी रहेंगे, मर जाएँगे, तो भी आपके बच्चों का, घरवालों का पालन-पोषण होगा। आपके बिना कोई भूखा नह...
- हमारी जीभ क्या है?...? यह पार्वती हैं। उसको आपने यदि तप करने के लिए रजामंद कर लिया, फिर आप विश्वास रखिए कि आपकी जीभ का ब्या...
- हमारी जीवात्मा में क्या दीपक बल दे सकता है?...? नहीं, दीपक जीवात्मा में कोई बल नहीं दे सकता, क्योंकि वह वस्तु है, पदार्थ है, मैटर है, जड़ है। जड़ ची...
- हमारी टाँग भी काम नहीं करती, हमारी अकल भी काम नहीं करती तो इस मैप से हम क्या काम कर सकते हैं?...? आप हमारा बेकार में समय खराब करते हैं। ठीक है बेटे! जब अकल तुम्हारे पास नहीं है, पैसा तुम्हारे पास न...
- हमारी टाँग भी काम नहीं करती, हमारी अकल भी काम नहीं करती तो इस मैप से हम क्या काम कर सकते हैं?...? आप हमारा बेकार में समय खराब करते हैं। ठीक है बेटे! जब अकल तुम्हारे पास नहीं है, पैसा तुम्हारे पास न...
- हमारी तरकीबें और हमारे ढंग, हमारी नीति और हमारे उद्देश्य, घटिया वाले उद्देश्य और घटिया वाले मनुष्य, घटिया वाले व्यक्ति—क्या भगवान से प्यार पाने के अधिकारी बन सकते हैं?...? नहीं बन सकते हैं। दृष्टिकोण बदलें तो बदलेगा जीवन मित्रो! हमको अपने दृष्टिकोणों को परिष्कृत करना पड़ेग...
- हमारी तरफ तो ऐसा होता है, आपकी तरफ क्या होता है?...? मालूम नहीं। चेचक का टीका लगाने वाला आया और बच्चे भागे। सारा स्कूल खाली हो गया। अरे साहब! बुखार आ गया...
- हमारी तो औरत है, हमारी तो चाची है, हमारी तो नानी है, अपने स्वार्थों को छोड़कर के हम कैसे जा सकते हैं?...? नहीं, परमार्थ के लिए स्वार्थों को त्यागना पड़ता है।
स्वार्थ को त्याग दें
जिसने स्वार्थ को त्याग दि...
- हमारी दावत में कोई कमी है क्या?...? तुम्हारे स्वागत में कोई कमी है क्या? या हमने आपको जो बुलाया है, तो सम्मानपूर्वक नहीं बुलाया? क्या बा...
- हमारी नौकरी में तरक्की कैसी होगी इत्यादि छोटी चीजों में आप लगे रहते हैं, लेकिन आप अगर कभी अमर हो गये तब?...? तब आप अमर लोगों की तरह विचार करेंगे और यह सोचेंगे कि अपने उत्थान के साथ-साथ सारे विश्व का उत्थान करन...
- हमारी पुकार को क्यों नहीं सुना?...? स्वाति की बूँदों ने जवाब दिया कि आप में से जिन सीपियों ने मुँह खोलकर रखा था और जिन सीपों में मोती पै...
- हमारी प्रेमिका कौन है, जिसे देखे बिना हमें चैन नहीं पड़ता?...? वह है हमारी घड़ी, जो हर समय हमारी मेज पर रखी रहती है। आपके पास भी है घड़ी? हाँ साहब! हमारे पास और हम...
- हमारी प्रेरणा पर आप ध्यान नहीं देंगे?...? हम क्या कहना चाहते हैं, उस पर गौर नहीं करेंगे? उसकी कोई उपयोगिता नहीं है? अपने आपको ही हमारे ऊपर हाव...
- हमारी फीलिंग्स और हमारी सम्वेदनाएँ कैसे हमारे काम आ सकती हैं?...? कैसे हमारे भीतर आग जला सकती हैं और जिस किसी के ऊपर हम उन्हें बिखेर दें, तो वह कैसे निहाल हो सकता ह...
- हमारी बहू भी सास-ससुर की सेवा करती है और हमको खाना खिलाती है तो उतना ही पुण्य हमको भी मिल जाएगा क्या, जितना कि आप जो महाभारत का किस्सा सुना रहे थे?...? नहीं बेटे! तेरी बहू को नहीं मिलेगा। क्यों महाराज जी! उसमें क्या बात है? और उसमें क्या बात थी? वह भी ...
- हमारी बहू भी सास-ससुर की सेवा करती है और हमको खाना खिलाती है तो उतना ही पुण्य हमको भी मिल जाएगा क्या, जितना कि आप जो महाभारत का किस्सा सुना रहे थे?...? नहीं बेटे! तेरी बहू को नहीं मिलेगा। क्यों महाराज जी! उसमें क्या बात है? और उसमें क्या बात थी? वह भी ...
- हमारी बीबी बीमार तो नहीं है?...? हमारे बाप का क्या हो रहा होगा? काम तो यहाँ करते हैं, लेकिन चिन्तन घर का बना रहता है।
मित्रो! आ...
- हमारी बुद्धि ने कभी भो जालसाजी नहीं की, न चोरी की; मात्र यही सोचती रही कि लोक कल्याण कैसे ही सकता है?...? समाज में सत्प्रवृत्ति कैसे बढ़ाई जाए? इसी में बुद्धि लगी। इन तीनों चीजों को बोने से आपको क्या मिला? स...
- हमारी बेटी के ऊपर आप गुलामों जैसा शासन करेंगे?...? हम गुलामों जैसा शासन नहीं करने देंगे, किसी को भी नहीं करने देंगे, वे गुलाम नहीं हैं, वे हमारी बेटी ह...
- हमारी बेटी के ऊपर आप गुलामों जैसा शासन करेंगे?...? हम गुलामों जैसा शासन नहीं करने देंगे, किसी को भी नहीं करने देंगे, वे गुलाम नहीं है, वे हमारी बेटी है...
- हमारी बेटी रानी बन सकती है, आप यह क्या कह रहे हैं?...? मैं सपना देख रहा हूँ या कोई दृश्य। नहीं, आप सपना नहीं देख रहे हैं। हम इंदौर के महाराज हैं और आपसे प्...
- हमारी भक्ति कब परिपूर्ण होती है?...? हमें अपने आराध्य के प्रति, अपने इष्ट के प्रति उतना ही विश्वास, उतनी ही श्रद्धा, उतना ही समर्पण चाहिए...
- हमारी भी तस्वीर बेहतरीन है, लेकिन यदि हमने दुनिया की खराब तस्वीर देखना शुरू किया और अपना कैमरा गलत जगह पर लगा दिया, तब हमको क्या चीज मिलने वाली है?...? गलत तस्वीर मिलने वाली है। आप उसी कैमरे से उसी मनुष्य की फोटो खींचिये, उसमें केवल उसका सिर आयेगा ...
- हमारी भी तस्वीर बेहतरीन है, लेकिन यदि हमने दुनिया की खराब वाली तस्वीर देखना शुरू किया, अपना कैमरा कहीं गलत जगह पर फोकस कर दिया, तब हमको क्या चीजें मिलने वाली हैं?...? तब सबसे ऊपर की शक्ल या सिर आएगा या फिर पैर आएगा और यदि उसी आदमी को बैठाकर फोटो खींचेंगे, तो मालूम ...
- हमारी भीतर वाली शक्ति कितनी है?...? बेटे यह समझो कि सारे सौरमण्डल में जितनी ताकत और जो ढर्रा है, वह सब ढंग और ढर्रा छोटे से एटम के भीतर ...
- हमारी भीतर वाली शक्ति कितनी है?...? बेटे, यह समझो कि सारे सौरमण्डल मे जितनी ताकत और जो ढर्रा है वह सब ढंग और ढर्रा छोटे-से एटम के भीतर भ...
- हमारी भुजाएँ इतनी लम्बी हैं कि हम हर कार्य कर लेते हैं और अभी हमारा कमाने वाला बैठा है, सो हजारों को खिला देगा, आप हमें क्या खिलाएँगे?...? समय की पुकार मान लें
हमको अपने लिए नहीं चाहिए; लेकिन मिशन के लिए माँगने में हमें कोई शरम नहीं आती,...
- हमारी मुँह से सुनने की अपेक्षा आप अंदाज लगाइए कि ब्रह्मवर्चस कैसा हो सकता है?...? ब्रह्मतेज कैसा हो सकता है? ब्राह्मण कैसा हो सकता है? ब्राह्मण की वाणी कैसी हो सकती है? ब्राह्मण का च...
- हमारी मेहनत का फल आप क्यों नहीं देते?...? आप भगवान से लड़ सकते हैं। लेकिन आप ज्यों ही दीन होते हैं, गिड़गिड़ाते हैं, नाक रगड़ते है, तो यह आपकी क...
- हमारी यह इज्जत, जो मन के भीतर शालीनता से आए, इसको मैं क्या कहता हूँ?...? इसको मैं आत्मपरिष्कार कहता हूँ। आत्मसम्मान कहता हूँ। मैं अहंकार के खिलाफ हूँ, लेकिन आत्मसम्मान के लि...
- हमारी यह कैसी फूहड़ व्याख्या है?...? इन व्याख्याओं का मतलब कुछ भी नहीं है। जिस स्तर के हम लोग हैं, ठीक उसी स्तर की व्याख्या हम लोगों ने...
- हमारी यह दृष्टि विकसित हो तो जो कर्मकाण्ड हम आपको सिखाते हैं और जिन कर्मकाण्डों का हम विस्तार करना चाहते हैं?...? आप यह कसौटी तैयार रखना कि हमने जो कर्मकाण्ड कराए थे, वे केवल क्रिया मात्र रह गए।...
- हमारी लड़की की शादी कैसे होगी?...? लड़का होगा तो नहीं साहब! ऐसा है हमारी बुआ यों कहती थीं कि हमारा जो फलाना लड़का था, उसकी शादी में तो ...
- हमारी वाणी जबरदस्त क्यों?...?
मित्रो ! वाणी में बहुत शक्ति होती है। जिस वाणी को हम सरस्वती कहते हैं, उसमें शक्ति होती है।...
- हमारी विचारणाएँ कैसी होनी चाहिए और हमारा दिमाग कैसा होना चाहिए?...? जैसा कि शंकर जी का है। शंकर जी के मस्तिष्क में से गंगा की धाराएँ प्रवाहित होती हैं। हमारी लड़कियाँ आप...
- हमारी शाखा कैसे ठंढी हो गई?...? अरे साहब! हमको बड़ी फिकर रहती है, चिन्ता रहती है कि आपकी शाखा ठंढी हो गई। तो बेटे! तुझे किस बात की फि...
- हमारी शानदार मौत कैसे होनी चाहिए?...? और हमारी शानदार जिन्दगी कैसी होनी चाहिए? जिन्दगी खुशहाल कैसे हो और सफल कैसे हो? इन दोनों बातों का बै...
- हमारी श्रद्धा आज जाने कहाँ विलीन हो गई है?...? फिर से उसी श्रद्धा को उबारना है, जैसे प्रह्लाद और ध्रुव ने अपने माँ-बाप को छोड़ दिया था और उस भगवान ...
- हमारी संस्कृति का अक्षुण्ण अंग क्यों है?...? इसकी प्रेरणाएँ क्या हैं, इसका प्रकाश क्या है? इसकी शिक्षाएँ क्या हैं? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बा...
- हमारी संस्कृति का अक्षुण्ण अंग क्यों है?...? इसकी प्रेरणाएँ क्या हैं, इसका प्रकाश क्या है? इसकी शिक्षाएँ क्या हैं? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के ...
- हमारी समझ से बाहर है कि ऐसा कैसे हो गया?...? आप बहुत भाग्यशाली हैं।’’ तब मैंने उन्हें गुरुदेव के दर्शनों के बारे में बताया। मेरे सिरहाने गायत्री ...
- हमारी साधना की सार्थकता क्या रहेगी?...? —हमारा परिवार यदि व्यक्तिगत सम्पर्क की परिधि तक ही सीमित रहा और हमारे मिशन के प्रति उसमें आवश्यक निष...
- हमारी सीता तो बहुत अच्छी है और तू क्यों ये इल्जाम लगाता है?...? सीता बहुत खराब है और उनको निकाल दो। सीता को इल्जाम भी लगाता था, तो सजा धोबी को मिलनी चाहिए थी। धोबी ...
- हमारी, आपकी लाठी लेकर के चलेंगे?...? बिलकुल भी नहीं चलेंगे, चाहे सारी जिन्दगी तपस्या करते रहिए। क्यों? क्योंकि हमने मन नहीं धोया। न हमने ...
- हमारे पास कॉपी भी नहीं है, किस पर लिखें?...? अच्छा-चल, यह भी ले जा। साढ़े चार सौ रुपये वे उनको दे देते, बच्चों के लिए खर्च कर देते। कौन? ईश्वरचं...
- हमारे अंग का एक भी हिस्सा खराब हो जाता है तो कितना कष्ट होता है, इतना अनुदान और वरदान से हमारी झोली को भर दिया है, आँचल में ही न समाए तो क्या करूँ?...? हमारे तो समाता ही नहीं, न जाने कहाँ-कहाँ फेंकते फिरते हैं, कहाँ से मारे कहाँ फिरते रहते हैं, हम सोचत...
- हमारे अंग किस तरीके से काम करते हैं और क्यों बीमार हो जाते हैं, बीमार हुए लोगों को किस तरीके से ठीक किया जा सकता है और घर में कोई बीमार पड़ जाए तो उसकी परिचर्या के लिए और प्राथमिक सहायता के लिए क्या किया जाना चाहिए?...? ये शिक्षा का महत्त्वपूर्ण अंग होना चाहिए पर हम देखते हैं कि ये अंग बहुत कम हैं। हर आदमी जब बड़ा हो जा...
- हमारे अधिकांश बच्चे जो तबाह होते हैं, बर्बाद होते हैं, वे कैसे होते हैं, आप बता सकते हैं?...? जो यह सारी की सारी आवारागर्दी का कसूर है, उसका एकमात्र कारण है—दोस्त। लड़कियों की जिन्दगियाँ कौन खराब...
- हमारे अन्दर की सम्वेदना घुलती हुई चली जाती है, पता नहीं, हम तब कौन हो जाते हैं?...? भगवान ने नृत्य करवाया और कहा सिर पर हाथ रख और तू नाच, जब नाच पूरा हो जाएगा, तो शादी हो जाएगी। सिर पर...
- हमारे अन्दर क्या दोष और दुर्गुण थे?...? उनको हम न दोहराएँ।
यह प्रायश्चित का पर्व है, जिसका कि आज आपको पूजन कराया गया है। आपको दस स्नान कराए...
- हमारे अन्दर क्षमता है कि इतना वजन लेकर चल सकें, परन्तु बेटे, इससे बनता क्या है?...? क्या आपको सन्तोष हो जाएगा?मित्रो, इस शिविर में आप को बुलाने के पीछे हमारा विशेष उद्देश्य सन्निहित था।...
- हमारे अन्दर खाने का माद्दा और इकट्ठा करने का माद्दा भरा हुआ है, तो हम कौन कहलाएँगे?...? फिर हम राक्षस कहलाएँगे और हमारे सींग हैं तो? सींगों से हम नहीं मारते अब; पर ऐसी बहुत-सी चीजें हैं, ज...
- हमारे अन्दर जो भी परतें हैं, इनका तो आप अन्दाजा लगाइए कि क्या-क्या परतें हो सकती हैं?...? इसमें तो हम अनेक परतें निकाल सकते हैं। आलस्य है, प्रमाद है, असंयम है, कुविचार हैं। गिनाने लगें तो ढे...
- हमारे इष्ट हैं—हनुमान और आपका इष्ट क्या है?...? देवी। आपका इष्ट क्या है? रामचंद्र जी। आपका इष्ट क्या है? गणेश जी। सबके इष्ट होते हैं न? हाँ साहब! क्...
- हमारे ऊपर हमले होंगे कि नहीं होंगे?...? हमारे ऊपर भी हमले होंगे। हमारे काम का मतलब है-हमारा मिशन, गायत्री परिवार मिशन, इस पर भी हमले होंगे...
- हमारे ऊपर, क्यों इतने कष्ट आ पड़े हैं?...? पर वह तो आँख ही नहीं उठाते, उनकी कलम ही नहीं रुक रही। काफी देर बाद जब उन्होंने लिखना छोड़ कर सिर उठाक...
- हमारे और भगवान के बीच में दीवार क्या है?...? हमारा 'मैं' हमारा 'अहं'। हमारा 'अहं' जो है, एक ही चीज है। अहं किस तरह से प्रकट होता है? अहं का विस्त...
- हमारे कार्यकर्ता जाएँगे, उनको दक्षिणा देनी पड़ेगी?...? नहीं, बिलकुल नहीं! माइक—लाउडस्पीकर, यज्ञशाला—पाण्डाल, टेप आदि जितनी भी जरूरत की चीजें है, हर चीज हम ...
- हमारे क्रिया-कलाप और हमारे वस्त्र-दोनों का तालमेल मिला करके जब हम कार्यक्षेत्र में चलने के लिए तैयार होंगे, तो फिर क्यों हम उन परम्पराओं को जाग्रत करने में-जीवित करने में समर्थ न होंगे?...? जिसको ऋषियों ने हजारों और लाखों के खून से सींचकर के बनाया था, उसको जिन्दा रखा था। पैसे की पारदर्शि...
- हमारे क्रियाकलाप क्या होना चाहिए?...? हमारी गतिविधियाँ क्या होनी चाहिए? हमारा चिन्तन क्या होना चाहिए? हमारी आस्था क्या होनी चाहिए?...
- हमारे गाँव, जहाँ मल और मूत्र निकासी की कोई गुंजाइश नहीं है और जहाँ मल और मूत्र फेंकने की कोई व्यवस्था नहीं वहाँ बदबू नहीं आएगी तो और क्या होगा?...? बीमारी नहीं होगी तो वहाँ क्या होगा? गन्दगी नहीं होगी तो वहाँ क्या होगा? लोग मलीनता के आदी न होंगे तो ...
- हमारे गार्हस्थ्य जीवन में न जाने कैसी लग गई आग?...? हमारे बच्चे अभिभावकों के प्रति जैसे निष्ठावान होने चाहिए थे, नहीं हैं। अब श्रवणकुमार की सिर्फ कहानिय...
- हमारे गुरु ने क्या दिया हमको बताइये?...? कोई रुपयों का बण्डल दिया है क्या? हमको पोटले भर के दिये हैं क्या? हमको औलादें दी हैं क्या? नहीं, कभी...
- हमारे गुरु ने भी हमसे माँगा था और जब हमने दिया तो उसके बदले में क्या पाया?...? उनने कहा—जो तुम्हारे पास है—वह दे। मैंने कहा—कहाँ दूँ, किसको दूँ? तो उनने कहा—भगवान की खेती में बो द...
- हमारे गुरु मर गए?...? नहीं बेटे! मरे नहीं, वे तो जिन्दा हैं। गुरु जी! वो तो बहुत दूर रहते हैं, बहुत दूर रहने से क्या मतलब ह...
- हमारे घर में गायत्री विद्यमान है, फिर क्या कमी है?...? बेटे, हम ऐसे ही प्रेम- मोहब्बत की दुनिया को आता हुआ देखते हैं। और उसके लिए तैयारी करने में हमको को...
- हमारे घरों में चोर, डकैत, जुआरी, शराबी जन्म लेंगे और मैं आपसे क्या कहूँ?...? राक्षस जन्म लेंगे। आप देख लेना, राक्षस हो रहे हैं। क्यों हो रहे हैं? इसलिए हो रहे हैं कि जो माता- पि...
- हमारे चरणों का जल?...? हाँ। आज हमें तो बहुत जोर का बुखार है। जब चेला चला गया, तब उन्होंने अपने पैरों को धोया और उसे पी लि...
- हमारे जन्म-जन्मान्तरों के कुसंस्कारों को, आदतों को, जो कहाँ से चली आई हैं?...? अमीबा से चली आई हैं। अमीबा छोटे वाले कीड़े थे, तब से लेकर के संस्कारों की छाप हमारे ऊपर पड़ी हुई चली...
- हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है?...? आखिर हम क्या बनेंगे? अगर हम यह तय कर लें, तो मित्रो! हमारे भीतर देवता की हस्ती पैदा हो सकती है। देवत...
- हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है?...? लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमको किस प्रकार की गतिविधियाँ अपनानी चाहिए? लेकिन पीछे क्या कर दिया गय...
- हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है?...? आखिर हम यया बनेंगे? अगर हम यह तय कर लें, तो मित्रों! हमारे भीतर देवता की हस्ती पैदा हो सकती है। देवत...
- हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है?...? लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमको किस प्रकार की गतिविधियाँ अपनानी चाहिए? लेकिन पीछे क्या कर दिया गय...
- हमारे जीवन का स्वरूप क्या है?...? हमको मालूम नहीं है। मूल चीज को हम एकदम भूल जाते हैं। बाहर की सब चीजें हमको याद रहती हैं कि दुकान में...
- हमारे जीवन का स्वरूप क्या है?...? हमको मालूम नहीं है। मूल चीज को हम एकदम भूल जाते हैं। बाहर की सब चीजें हमको याद रहती हैं कि दुकान में...
- हमारे जीवन में कौन-कौन से कुसंस्कार हैं?...? पहला कुसंस्कार—कामवासना
एक कुसंस्कार यह है कि जब हम कुत्ते थे, तो हमको कोई तमीज नहीं थी कि...
- हमारे जीवन में यदि यह आ जाए तो हमारा राष्ट्र न जाने कहाँ से कहाँ पहुँच जाए?...? आपको कभी ऐसा काम करना पड़े तो कृपा करके ध्यान रखिये।अगर आपको कभी धर्म का—अध्यात्म का काम सौंपा जाए तो...
- हमारे जीवन-लक्ष्य, हमारे उद्देश्य, हमारे जीवन की महानता आप कहाँ हैं?...? हे हमारे आदर्श! आप कहाँ हैं? आप आइए और हमको ले करके चलिए। बेटे, इसी के लिए हम जप कराते हैं आपसे।.......
- हमारे जीवन-लक्ष्य, हमारे उद्देश्य, हमारे जीवन की महानता आप कहाँ हैं?...? हे हमारे आदर्श! आप कहाँ हैं? आप आइए और हमको ले करके चलिए। बेटे, इसी के लिए हम जप कराते हैं आपसे।जप क...
- हमारे जो हॉरमोन्स गरम हैं, उन्हें ठंडा कर सकते हैं, ठंडे को गरम कर सकते हैं ये किससे कर सकते हैं?...? यह सिद्धियों की बात कह रहे हैं, समझदारों की बात कह रहे हैं कि हमारे भीतर जितनी विशेषताएँ हैं, उन्हें...
- हमारे तीन लड़कियाँ हैं, चौथा लड़का कहाँ है?...? और हमको तो ढाई सौ रुपये मिलते हैं, साढ़े चार सौ रुपये की तरक्की कहाँ हुई? और हमारे पास अस्सी बीघा खेत...
- हमारे तो समाता ही नहीं, न जाने कहाँ-कहाँ फेंकते फिरते हैं, कहाँ से मारे कहाँ फिरते रहते हैं, हम सोचते ही नहीं, अपने जीवन के बारे में कि हमारा जीवन हम काहे के लिए पैदा हुए थे और किस तरीके से इसका श्रेष्ठतम उपयोग हो सकता है?...? यदि गहराई से विचारें तो एक-एक क्षण इतना मूल्यवान है कि करोड़ों की सम्पत्ति एक क्षण के ऊपर फेंकी जा स...
- हमारे दरवाजे पर माँगने वाले तो भिखारी आते हैं, पर तुम लाए क्या हो?...? पहले यह बताओ। देखा सुदामा जी के बगल में चावल की पोटली दबी थी। उस पोटली को भगवान ने उनसे माँग लिया और...
- हमारे दिमाग की लहरें और हमारे दिमाग की धारायें किधर बहनी चाहिए और किधर नहीं बहनी चाहिए?...? अभी हमारे दिमाग की धारा ऐसे गलत तरीके से बहती है कि हमारे खेतों का सफाया करती चली जाती है।...
- हमारे दिमाग में चिन्ता छाई रहती है, आपको मालूम है?...? नहीं, कोई जानकारी नहीं है। हमारे भीतर ईर्ष्या और डाह की आग जलती रहती है। क्या आपने उसे देखा है? इसे ...
- हमारे दिल के दरद का कर्ज, हो सके तो इसको चुकाना, न हो सके, आप असमर्थ हैं, तो कहाँ से चुकाएँगे?...? लेकिन हमारा कोई भी बच्चा असमर्थ नहीं है। सब समर्थ हैं।
जिस चीज का हमने आह्वान किया है, उसके लिए हर...
- हमारे द्वारा किसी को दुःख तो नहीं हो रहा है?...? इस प्रकार के विचार अपने भीतर पनपाने के लिए हमें अपने अन्नमय शरीर को ठीक करना होगा। इसमें अन्न तथा ...
- हमारे पण्डित जी ने बताया था कि नाम लिया करो और क्या करेंगे?...? हाथ से फेरा-फेरी करेंगे, चावल रखेंगे, रोली रखेंगे, दक्षिणा रखेंगे, प्राणायाम करेंगे, न्यास करेंगे, म...
- हमारे पड़ोस के आदमी दुखी फिरते है तो फिरें, हम क्या कर सकते हैं हैं दूसरों को हमारी सेवा की जरूरत है तो हम क्या कर सकते हैं?...? हमारा पैसा, जो ऐय्याशी में खरच होता चला जा रहा है, जो संग्रह में खरच होता चला जा रहा है जो निठल्लों ...
- हमारे पड़ोस के आदमी दुखी फिरते हैं तो फिरें, हम क्या कर सकते हैं?...? दूसरों को हमारी सेवा की जरूरत है तो हम क्या कर सकते हैं? हमारा पैसा, जो अय्याशी में खरच होता चला जा ...
- हमारे पास जमा भी है कि नहीं?...? जमा था नहीं, देते हुए चले गये। फिर कहाँ से चुकता होगा? उनको नीलाम होना पड़ा और गले में कैंसर हो गया...
- हमारे पास अब रहा क्या है, सिवाय वासनाओं के अलावा और इच्छाओं के अलावा जीवन में क्या बचा है, जरा बतलाइए तो सही?...? सिद्धान्त हमारे पास नहीं, आदर्श हमारे पास नहीं, उत्कृष्टता हमारे पास नहीं, सेवा हमारे पास नहीं, संयम...
- हमारे पास इतनी जगह कहाँ हैं?...? इसलिए हम उनको विदा कर देते हैं।मित्रो! जब उनकी विदाई होती है, तो उनकी आँखों में किस तरीके से आँसू नि...
- हमारे पास और क्या है?...? यह जो शक्तिपीठें बन रही हैं, जैसी आपके यहाँ बन रही है। यह तो छोटी शक्तिपीठ है। मैं सोचता हूँ कि शायद...
- हमारे पास और क्या-क्या था?...? हमारे पास क्रिया-कौशल था। हमारे पास प्रभाव डालने की शक्ति थी। हमारे पास मैग्नेट था, जिसे ओज कहते ह...
- हमारे पास किसी चीज की कमी है क्या?...? हमारे मन की एक एक धारा ऐसी निकलती है कि हमको हँसी में बदल देती है; लेकिन हमको हर वक्त रूठे रहने का...
- हमारे पास किसी बात की क्या कमी है?...? उसने चक्की से अनाज पीसना शुरू किया।
उस जमाने में मंदी थी। दो आने, तीन आने की मजदूरी कर लेती थी। ...
- हमारे पास क्या था?...? कुछ भी नहीं था। समय था खाली, सो समय को हमने उनके चरणों पर रख दिया और ये कहा— ‘‘हम आपके साथ-साथ चलेंग...
- हमारे पास क्या रखा है?...? हमने जो त्याग, तपश्चर्याएँ, उपासनाएँ की हैं, ऐसे ढेरों आदमियों के नाम बता सकता हूँ, जिन्होंने इस त...
- हमारे पास क्या है?...? हम तो केवल भिखारी हैं।
यह नहीं, बेटे! यह भिखारी शब्द मनुष्यों के लिए शोभा नहीं देता है। सन्तपन तो ...
- हमारे पास जो कुछ है, उसको हमको कैसे खर्च करना है?...? अब आपको कमाने की उतनी ज्यादा चिन्ता नहीं करनी चाहिए। अब आपको यह चिन्ता करनी है कि हमको खर्च कम कैसे ...
- हमारे पास जो बचत हो जाती है, उस बचत से हम क्या-क्या काम कर सकते हैं?...? पैसे की बचत से हम इतना ज्यादा काम कर सकते हैं कि अपने कुटुम्बियों को और बच्चों को शिक्षित और संस्कारव...
- हमारे पास ताकत कहाँ से आती है?...?...
- हमारे पास तो कुछ भी नहीं है, हम सूख जाएँगी क्या?...? मर जाएँगी क्या? यह दौलत हमको नहीं मिलेगी क्या? बेटी! तुमको भी मिलेगी। बस, हृदय ने नाड़ियों को दिया और...
- हमारे पास धन-दौलत की कमी है, बिलकुल नहीं और किसी चीज की कमी है माताजी बिलकुल नहीं है, कोई चीज की आवश्यकता है?...? बूढ़े हो गए हैं, कुछ खाने को चाहिए। नहीं बेटे! हमें नहीं चाहिए, रहने को चाहिए, बिलकुल नहीं चाहिए। पह...
- हमारे पास पेंशन आती है, तो हम क्या करेंगे?...? साहब! हम एक मोटर खरीद लेंगे। नहीं भाई साहब! रिक्शे में चले जाइये? नहीं साहब! हम तो मोटर में सफर करें...
- हमारे पास बोलने वाली यह मशीन है और न जाने क्या-क्या चीजें हैं?...? ये आपकी कमाई हुई नहीं हैं और मशीन की भी कमाई हुई नहीं हैं।अगर हमारे पास यह मशीन नहीं होती, तो अपनी आ...
- हमारे पास विद्या है तो हम इसका क्या करें?...? पैसा है तो इसका क्या करें? समाज के सामने ढेर लगी समस्याओं का हल किस तरीके से करें, कुछ समझ में नहीं ...
- हमारे पास विद्या है तो हम इसका क्या करें?...? पैसा है तो इसका क्या करें? समाज के सामने ढेर लगी समस्याओं का हल किस तरीके से करें, कुछ समझ में नहीं ...
- हमारे पास विद्या है तो हम इसका क्या करें?...? पैसा है तो इसका क्या करें? समाज के सामने ढेर लगी समस्याओं का हल किस तरीके से करें, कुछ समझ में नहीं ...
- हमारे पिताजी के दाँत बड़े-बड़े हैं तो क्या वे राक्षस हैं?...? नहीं बेटे! वे राक्षस नहीं हो सकते तो फिर बड़े दाँत वालों को और काले चेहरे वालों को आपने कैसे राक्षस ...
- हमारे पिताजी के दाँत बड़े -बड़े हैं तो क्या वे राक्षस हैं?...? नहीं बेटे! वे राक्षस नहीं हो सकते तो फिर बडे दाँत वालों को और काले चेहरे वालों को आपने कैसे राक्षस ब...
- हमारे पूर्वज क्या जानते थे?...? वे जानते थे कि एक हमारी माँ है, जिसको हम देवमाता कहते हैं, वेदमाता कहते हैं, विश्वमाता कहते हैं। तीन...
- हमारे प्रति आस्था और श्रद्धा व्यक्त करने वाले क्या हमारे अनुरोध को भी अपना सकते हैं?...? क्या हमारे पद-चिह्नों पर कुछ दूर चल सकते हैं? देखा यह भी जाना चाहिए।...
- हमारे फर्ज और हमारी ड्यूटियाँ कहाँ हैं?...? ड्यूटियाँ और हमारे फर्ज जहाँ कहीं भी हमको बुलाते हैं, वहाँ हमको जाना चाहिए। इसका नाम कर्मयोग है और भ...
- हमारे फर्ज क्या हैं?...? हमें क्या करना चाहिए? मानसिक वृत्तियों की ताकत इतनी जबरदस्त होती है कि उसने मौत-से मुकाबला किया और म...
- हमारे फर्ज—हमारी ड्यूटियाँ कहाँ हैं?...? ड्यूटियाँ और जहाँ कहीं भी हमारे फर्ज हमको बुलाते हैं, वहाँ हमको अपनी मेहनत करनी चाहिए और वहाँ अपना म...
- हमारे बच्चे कहाँ चले गए?...? बच्चों ने अपनी माँ की आवाज सुनी। बच्चे बोलने लगे—म्याऊँ-म्याऊँ। बस, दोनों हो गए खुश और दोनों मिल गए;...
- हमारे बच्चों की कैसी तबाही आने वाली है?...? हे भगवन् ! अब क्या होने वाला है? मनोकामना पूरी करना खराब बात है क्या? नहीं, खराब बात नहीं है, पर मनो...
- हमारे बच्चों शम्भू कब्बाल क्यों बनाते हो?...? लता मंगेशकर तुम्हारी सब लड़कियों को बना दूँगा, कहने लगा मच्छर। लता मंगेशकर लड़कियों को बनाता है, शम्भू...
- हमारे बाप का क्या हो रहा होगा?...? काम तो यहाँ करते हैं, लेकिन चिन्तन घर का बना रहता है।
मित्रो! आप इस दुनिया में काम तो कीजिए, ल...
- हमारे बाप-दादा किया करते थे तो हम क्या करें?...? इनकारी का नशा इस कदर चढ़ता चला गया कि सारी बातें वाहियात ठहराई जाने लगीं। यज्ञों के नाम पर जानवर काटे...
- हमारे बाप-दादा पहनते हैं, पर क्यों पहनते हैं?...? आखिर ये क्या चीज है? चुप रह! क्यों पहनते हैं? पण्डित जी-पण्डित जी हर वक्त धर्म के बारे में पूछताछ करता...
- हमारे बारे में भी क्या यही बात है, हर आदमी चाहेगा कि हम किसके घर जाएँ?...? जो पहले हाथ उठाएगा, उसी के यहाँ जाएँगे। अरे साहब! पहला नंबर हमारा है, पर उसके यहाँ भी चलिए। आप लोगों...
- हमारे बारे में भी क्या यही बात है, हर आदमी चाहेगा कि हम किसके घर जाएँ?...? जो पहले हाथ उठाएगा, उसी के यहाँ जाएँगे। अरे साहब! पहला नंबर हमारा है, पर उसके यहाँ भी चलिए। आप लोगों...
- हमारे बाल अच्छे हैं या तुम्हारे बाल अच्छे हैं?...? काले बाल अच्छे हैं।मित्रो! हमारे बाल सफेद हो गए हैं। हम बढ़िया हैं या आप बढ़िया हैं? हम खूबसूरत हैं या...
- हमारे बिना भी बदल जाएगा?...? मैं आपको यकीन दिलाता हूँ कि आपके बिना भी बिलकुल बदल जाएगा। फिर क्या हर्ज होगा? आपका ज्यादा हर्ज होगा...
- हमारे बिना भी बदल जाएगा?...? मैं आपको यकीन दिलाता हूँ कि आपके बिना भी बिलकुल बदल जाएगा। फिर क्या हर्ज होगा? आपका ज्यादा हर्ज होगा...
- हमारे बुजुर्ग कैसे थे?...? मैंने अपने नाना जी को आँख से देखा था जब वे चालीस मील तक सफर करते थे और पूर्णमासी के दिन गंगाजी नहाने...
- हमारे भीतर वह भगवान है, जो हमें उठाता है और वह भगवान नहीं है जो गिराता है?...? ? उसको बेटे, शैतान कहते हैं। शैतान को रोकिए, भगवान का समर्थन कीजिए और आप स्वयं ऊँचे उठिए।मित्रो! ये ...
- हमारे मकसद बड़े हैं और वे यह हैं कि आप ऐसे सौभाग्य वाले समय में क्या कुछ लाभ उठा सकते हैं?...? क्या आप समय को पहचान सकते हैं? क्या आप भगवान की सहायता कर सकते हैं? क्या आप अपने जीवन में कुछ हिम्मत...
- हमारे मकसद बड़े हैं और वे यह हैं कि आप ऐसे सौभाग्य वाले समय में क्या कुछ लाभ उठा सकते हैं?...? क्या आप समय को पहचानते हैं? क्या आप भगवान की सहायता कर सकते हैं? हम इसीलिए बुलाते हैं और हर एक आदमी ...
- हमारे मारने-डाँटने पर वह कुछ न कहे तथा घर में चिल्लाये भी नहीं, यह कैसे हो सकता है?...? अरे अगर वह चिल्लाएगी तो हमारे पड़ोसी इकट्ठे हो जाएँगे तथा हमारी बेइज्जती हो जाएगी। यदि इस बात को वह अ...
- हमारे मिशन को देखिए और हमारे बच्चों को देखिए कि हमारे बच्चे कैसे शानदार हैं?...? यह हमारा नमूना है। ऐसा न हो कि कोई आए और हमारे मुँह पर थूककर जाए कि अरे देखो कैसे बनाए? धत् तेरे की—...
- हमारे यहाँ एक फकीर को क्या सम्मान मिल सकता है?...? कलकत्ता की सड़कों पर जब उनका जुलूस निकल रहा था, तो हाईकोर्ट के जज और दूसरे वकीलों ने कहा कि घोड़ों को ...
- हमारे यहाँ कैसा है?...? हमारे यहाँ सिद्धान्तों को, जीवन की प्रेरणा को, जीवन की शिक्षाओं को, जीवन-निर्माण की दिशाधाराओं को इन...
- हमारे यहाँ क्यों नहीं आते?...? सब बेकार की बकवास है।
मित्रो! ईसाई से हमने यह पूछा कि हनुमान जी के बारे में आपका क्या ख्याल है? ...
- हमारे यहाँ सामान की कोई खरीद-फरोख्त होती है क्या?...? कुछ भी नहीं है। एक ही रिश्ता है कि आपकी जीवात्मा को ऊँचा उठाने के लिए हम हर तरह की कोशिश करते हैं, ज...
- हमारे राष्ट्र की नींव जब इन्हीं बच्चों पर आधारित है, तो जब नींव ही नहीं सँभाली गई, तो ईंटें कहाँ रहेंगी?...? ऐसा कमजोर मकान तो गिर जाएगा, ढह जाएगा और बिखर जाएगा। आवश्यकता इस बात की है कि माता और पिता दोनों बच्...
- हमारे लिए किस काम आया?...? हमने क्यों कमाया? सिकंदर ने
अपने दोनों हाथ ताबूत से बाहर निकाल दिए। वह इसलिए निकलवा दिए कि देखने वा...
- हमारे लिए किस काम आया?...? हमने क्यों कमाया? सिकंदर ने अपने दोनों हाथ ताबूत से बाहर निकलवा दिए। वह इसलिए निकलवा दिए कि देखने वा...
- हमारे लिए क्या आज्ञा है?...? आप हमें धर्म का मार्ग बताइये। हमको खुशहाली का मार्ग बताइये। हमारे सन्तान नहीं होती। बेटी, बेटे दि...
- हमारे लिए क्या काम है?...? बेटे, अगर देखेंगे तो इतना काम है कि बस, आप थक जाएँगे, पर काम पूरा नहीं होगा। कौन-कौन-सा काम गिनाएँ? ...
- हमारे लिए भी और कोई नया मार्ग कैसे हो सकता था?...? प्रिय परिजनों के लिए या उनकी आत्मिक प्रगति के लिए इसी राजमार्ग पर चलने के अतिरिक्त और कोई मार्ग नहीं...
- हमारे लिए यह सम्भव नहीं है कि जैसा हम चाहते हैं, वैसी ही परिस्थितियाँ कल मिलेंगी कि नहीं, कौन जाने?...? आपने एक खेत बोया है। कौन जानता है कि वर्षा होगी कि नहीं होगी। वर्षा नहीं हुई और आपका खेत सूख गया तब?...
- हमारे लिए सबसे बड़ी कठिनाई यह है कि अन्धाधुन्ध बढ़ते इन बरसाती मेढकों के बीच न हमको यह मालूम है और न लोगों को यह मालूम है कि असलियत कहाँ है और नकलीपन कहाँ है?...? विवेकशीलता कहाँ है, बुद्धिशीलता कहाँ हैं, दिशाएँ कहाँ हैं, प्रकाश कहाँ है? हमें भी नहीं मालूम है...
- हमारे लिए सबसे बड़ा सेवा का कार्य क्या हो सकता है?...? ज्ञानयज्ञ से बड़ा कोई और दूसरा पुण्य नहीं हो सकता। इसको ब्रह्मदान भी कहा गया है। यह सर्वोत्तम धर्म है...
- हमारे लिए सबसे बड़ी सेवा का कार्य क्या हो सकता है?...? ज्ञानयज्ञ से बड़ा काई और दूसरा पुण्य नहीं हो सकता। इसको ब्रह्मदान भी कहा गया है। यह सर्वोत्तम धर्म है...
- हमारे शंकर जी की बात बताइए?...? तो बेटे, शंकर जी की बात सुन। एक बार सोमवती अमावस्या के दिन हजारों-लाखों आदमी गंगास्नान कर रहे थे। पा...
- हमारे शरीर में जो छोटे-छोटे जीवाणु हैं, वे किस तरीके से पैदा होते रहते हैं और किस तरीके से मरते रहते हैं?...? इस छोटे से जीवाणु के भीतर जो एक न्यूक्लियस काम करता है, वह सूरज के बराबर शक्तिशाली है। बेटे! हम इसकी...
- हमारे संकल्प क्या हैं, हम करना क्या चाहते हैं?...? यह अपनी एक दिशा और धारा बनाने वाली बात है।
साक्षी है इतिहास
बेटे, इससे आगे यह करना प...
- हमारे संकल्प क्या हैं, हम करना क्या चाहते हैं?...? यह अपनी एक दिशा और धारा बनाने वाली बात है। साक्षी है इतिहास बेटे, इससे आगे यह करना पड़ता है, जो कि प्...
- हमारे संस्कार हमें कैसे बाँध सकते हैं?...? सारा शिकंजा चिन्तन का है। इससे मुक्ति मिलते ही सही अर्थों में आदमी बन्धनमुक्त हो जाता है। हमारी नाभि...
- हमारे सम्बन्धी हैं, पर ऐसे आदमी जो माँगते हैं, उनके यहाँ हम क्यों जाएँगे?...? हम भिखारी हैं क्या? भिखारियों का हम नहीं खाएँगे। भिखारियों का खाएँगे, तो हमारे ऊपर भी वही असर पड़ेगा...
- हमारे साथ-साथ चलना?...? हाँ साहब! आप आगे-आगे चलिये और हम आपके पीछे-पीछे चलेंगे। अकेले छाया टस से मस होने वाली नहीं है। आप आग...
- हमारे सारे जीवन ने नारी को क्या समझा है?...? नारी को एक दृष्टि से देखा है, जिसका नाम है—वेश्या। नारी के बारे में हमारा क्या ख्याल है? हमारा ख्याल...
- हमारे सावधान रहने से क्या हो जाएगा?...? मान लीजिए कोई ऐसी बीमारी आ जाए, मुसीबत आ जाए या बाढ़ आ जाए या कोई ऐसा उपद्रव खड़ा हो जाए तो हम क्या कर...
- हमारे हिन्दुस्तान वालों पर नहीं हुई और जापानियों पर हो गयी?...? क्या वजह है? उन्होंने फैक्टरियों में जाकर देखा कि प्रत्येक फैक्टरी में दो राक्षसों में कुश्ती हो र...
- हमें अपनी विकृतियों से लोहा लेने के लिए ताकत चाहिए और किसके लिए शक्ति चाहिए?...? श्रेष्ठ काम करने के लिए शक्ति चाहिए। किसी भी श्रेष्ठ काम करने के लिए फैसला कर लेना ही काफी नहीं है। ...
- हमें अपनी ही जीवात्मा की माननी है कि क्या सही है, क्या उचित है, क्या अनुचित है?...? मीरा जब कृष्ण से जुड़ गई, तो उसको एक ही धुन सवार थी। क्या था कि मैं अपने आराध्य का कैसे गुणगान करूँ ...
- हमें अब यह बतलाना है कि अन्त: में जो ताकत है, उसे कैसे जगाया जा सकता है?...? अन्तरंग जीवन में एक अनोखी और शक्तिशाली दुनिया है। इसमें अपनी अन्तश्चेतना का प्रवेश कैसे करा सकते हैं, ...
- हमें आज की अपेक्षा कल अधिक उत्कृष्ट कैसे बनना चाहिए?...? इस प्रश्न का उत्तर जिस भी पुस्तक में सरलतापूर्वक समझाया गया को वही स्वाध्याय में प्रयुक्त हो सकती है...
- हमें आश्चर्य हुआ कि अभी तो कोई नहीं था, अचानक ये लोग कहाँ से आ गये और गुरुदेव को इनके घरवालों के, पत्नी-बच्चों के जो यहाँ हैं भी नहीं, नाम कैसे याद हैं?...? यह सब देखकर हम उनकी सर्वज्ञता के आगे नतमस्तक थे।
पत्ती-पत्ती में गुरुदेवगायत्री दीदी बताती हैं कि अ...
- हमें इतने समर्थ गुरु अनायास ही कैसे मिले?...? इस प्रश्न का एक ही समाधान निकलता है कि उसके लिए लम्बे समय से जन्म-जन्मान्तरों में पात्रता अर्जन की ध...
- हमें करुणा, दया, सेवा और उदारता की शिक्षा प्रेरणा कौन देगा?...? देवताओं में से देवत्व चला गया तो हम मनुष्यों में उसका संचार कैसे होगा। जब देवताओं ने आसुरी प्रकृति औ...
- हमें काम से क्या लेना-देना?...? तब बेटे हमारी तुम्हारी कुट्टी हो जाएगी, निभेगी नहीं।
सफलता के सूत्र
मित्रो। आपको लोभ...
- हमें किससे लड़ना है?...? सारी कुरीतियों एवं अपराधी वृत्तियों से लड़ना है। हमारे पास बहुत बड़ा हथियार है जैसा कि महर्षि दधीचि तथ...
- हमें कुछ और काम तो समझ में नहीं आता, इसलिए हम अख़बार बेचते रहते हैं और इससे जो पैसा हमको मिल जाता है, उससे हम समझते हैं कि सारे दिन धूप में खड़े होने के बाद अख़बार कैसे बेचे जाते हैं और चार पैसे कैसे कमाए जाते हैं?...? इसलिए इसको खरच करना हम ठीक तरीके से जानते हैं।" सत्यदेव परिव्राजक ने कहा कि हिन्दुस्तान में तो आदमी ऐ...
- हमें कौन वोट देगा?...? उन्होंने लाल बहादुर शास्त्री से कहा—आप केवल साइन कर दीजिए। बाकी काम हम कर देंगे। नेहरू जी ने लालबहाद...
- हमें क्या करना चाहिए?...? वाणी को परिष्कृत करने के लिए हमारा आहार ऐसा होना चाहिए, जिसमें पूरी तरीके से सात्त्विकता का समावेश ह...
- हमें क्या करना चाहिए?...? जो काम है, उसमें हमें इतना ज्यादा तन्मय हो जाना चाहिए, इतना ज्यादा खो जाना चाहिए कि वह काम हमारे म...
- हमें क्या करना चाहिए?...? मानसिक वृत्तियों की ताकत इतनी जबरदस्त होती है कि उसने मौत-से मुकाबला किया और मौत के देवता को भी मजबू...
- हमें क्या करना चाहिए?...? वाणी को परिष्कृत करने के लिए हमारा आहार ऐसा होना चाहिए जिसमें पूरे तरीके से सात्त्विकता का समावेश हो...
- हमें क्या करना है?...? यह बिना बोलने वाला फूल अपनी मूकवाणी से सिखाता है।
मित्रो! दीपक से क्या मतलब है? दीपक से यह मतलब ...
- हमें क्या करना है?...? हर आदमी गलतियों से भरा पड़ा है। आपकी गलतियों में मुझे जायका लेने का, मजा लेने का, दिल्लगीबाजी करने का...
- हमें क्या बनना चाहिए?...? इसके लिए हमने कई तरह के ठप्पे-साँचे बना करके रखे थे कि हमको यह बनना है। दयालबाग, आगरा में एक विशालका...
- हमें क्या बनना है?...? कहाँ जाना है? अपने लक्ष्य के सम्बन्ध में जिस समय आप एक ही विषय पर विचार कर रहे होंगे, आपका चिन्तन-मनन त...
- हमें क्या मतलब, हम कहाँ उनको सुधारते हैं?...? लेकिन आपके ऊपर हम इतनी मेहनत करते हैं कि बेटे हम जी-तोड़ मेहनत करते हैं।
कोई भी बच्चा हमारा बिलक...
- हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है?...? तब आपका जवाब होता है-चुप बे, ज्यादा बोलता है। हमारे बाप-दादा पहनते थे, इसलिए हम भी पहनते हैं। हम ब्र...
- हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है?...? तब आपका जवाब होता है—चुप बे, ज्यादा बोलता है। हमारे बाप-दादा पहनते हैं, पर क्यों पहनते हैं? आखिर ये ...
- हमें गलत गायत्री मंत्र आता है, उससे कोई नुकसान तो नहीं होगा?...? ’’ नहीं, कोई नुकसान नहीं होगा। गायत्री ऐसी नहीं है कि आपके मंत्र गलत हो जाएँ तो उसके लिए जान की ग्रा...
- हमें गहराई तक विचार करना होगा कि जिन तथाकथित समुन्नत देशों में विज्ञान, शिक्षा, धन और साधनों का बाहुल्य है वहाँ के प्रजाजन क्यों दुष्प्रवृत्तियों में अधिकाधिक ग्रसित होकर क्यों सर्वनाश की ओर जा रहे हैं, क्यों अपना और अपने राष्ट्र का भविष्य अन्धकारमय बना रहे हैं?...? खोज हमें इसी निष्कर्ष पर पहुँचाएगी कि वैयक्तिक चरित्र को राष्ट्रीय प्रगति का अंग मानकर भारी भूल की ग...
- हमें गाँधी जी से सीधे कौन मिलने देगा?...? उन्होंने कहा कि हम आपकी मुलाकात का इंतजाम किए देते हैं। कल आप गाँधी जी के साथ टहलने चले जाएँगे। गाँध...
- हमें चिन्ता हुई कि अभी तो पहला ही दिन है, आगे कैसे काम चलेगा?...? गुरुजी से कहा, तो गुरुजी बोले, ‘‘चिन्ता मत करो। बस काम करते रहो।’’ लोग यज्ञ करने आते, साथ में अपने घर...
- हमें तो आप अभी की बात बताइये कि इस समय आपकी मनःस्थिति क्या मनुष्य सेवा के लिए तत्पर है?...? सेवा की वृत्ति आपके मन में है क्या? आप पुराने किस्से बताकर हमारे ऊपर रौबदारी क्यों करना चाहते हैं?...
- हमें तो मालूम नहीं कि श्रद्धा क्या होती है?...? उसने कहा—अच्छा, देखो श्रद्धा की शक्ति का चमत्कार दिखाते हैं। एक रस्सा उसने नियाग्रा फॉल (अमेरिका में...
- हमें तो मालूम नहीं, कौन आचार्य जी हैं?...? तुम्हें क्यों मालूम पड़ेगा, तुम्हारे यहाँ पर तो खुशामदी और चापलूस आ जाते हैं और उनकी ही बात तुमको माल...
- हमें दवा खाने की जरूरत नहीं है?...? उन्होंने कहा—नहीं बेटा दवाएँ तो सिर्फ बीमारियों को ठीक करने के लिए हैं। ये अस्थाई एनर्जी दे सकती हैं...
- हमें देश में फैक्ट्री लगानी चाहिए, इसके लिए आप कुछ मदद कर सकते हैं?...? उन्होंने कहा—हमने सुना है कि योगी में ऐसे चमत्कार होते हैं, जो सब कुछ जानते हैं। जरूरत होने पर ज्ञान...
- हमें नहीं मालूम है कि आपकी परिस्थितियाँ क्या हैं?...? आपके पारिवारिक उत्तरदायित्व क्या हैं? और आपकी जिम्मेदारियाँ क्या हैं? उनको हम छुड़ाना नहीं चाहते और...
- हमें नहीं मालूम सोयेगा कैसे?...? जब पानी निकलेगा, तो आप करवट ले के देखिये और हम आपको एक नल लगाये देते हैं, अच्छा? नल आपके सिर पर रख द...
- हमें निर्णय करने दीजिए कि आपके कर्म क्या हैं?...? कर्म की वजह से हम आपके स्थूलशरीर के बारे में यह फैसला करेंगे कि आपका स्तर क्या है? और आपकी वकत क्या ...
- हमें निर्णय करने दीजिए कि आपके कर्म क्या हैं?...? कर्म की वजह से हम आपके स्थूलशरीर के बारे में यह फैसला करेंगे कि आपका स्तर क्या है? और आपकी वकत क्या ...
- हमें पता नहीं, कभी कोई इच्छा निज के मन में बिना उनकी प्रेरणा से उठी है क्या?...? कोई क्रिया अपने मन से की है क्या? जहाँ तक स्मृति साथ देती है अपना एक ही क्रम—एक ही ढर्रे पर लुढ़कता ...
- हमें परलोक से क्या मतलब है?...? अच्छे काम से क्या मतलब है? जीवन उद्देश्य क्या होता है? भगवान के इशारे क्या होते हैं? हमें पता नहीं...
- हमें प्रवचन करने के हैं क्या, हमें कोई जड़ी-बूटी सिखाई जा रही हैै अब जड़ी-बूटी फैलाएँगे के क्या, अब हमको संगीत सिखाया जा रहा है हम क्या करेंगे?...?...
- हमें बीमार करोगे क्या?...? यहाँ तो हम नहीं रह सकते। अवागढ़ महाराज ने तुरन्त दूसरा इंतजाम किया। उनके लिए नए कमोड मँगवाए और नई जगह...
- हमें ब्याह करने की क्या जरूरत है?...? हमारे पास किसी बात की क्या कमी है? उसने चक्की से अनाज पीसना शुरू किया।
उस जमाने में मंदी थी। दो ...
- हमें भी ऐसा संयोग मिला होता, तो अधिक कमाने और अधिक सम्मान पाने की परिस्थिति हाथ लगी होती?...? पर इस स्थिति से वञ्चित रहने का दोष परिस्थितियों या अमुक व्यक्तियों पर देना भी व्यर्थ है। यदि शिक्षा ...
- हमें भी नहीं मालूम है कि सही लोग कहाँ हैं?...? लोगों की कमी कहाँ है? गाँधी जी ने एक नारा लगाया था और लोगों को बुलाया था। इसी हिन्दुस्तान में से ल...
- हमें भी भगवान किसी के बदले में कोई ऐसी बीमारी देता है, तो हम सहर्ष उसको स्वीकार करेंगे; लेकिन हम विश्वास के साथ कहते हैं कि जो भी आपके कष्ट-कठिनाई और पीड़ा है?...? हर सम्भव यह प्रयास करेंगे कि आप उस दलदल में से निकलें। मान लीजिए, यदि किसी तरीके से आप नहीं निकल पाए...
- हमें भी ले चलेगा?...? बाबा! आपको नहीं ले चलूँगा। मैं तो अपनी बहिन को ले जाऊँगा। उसे मिठाई खिलाऊँगा, लड्डू खिलाऊँगा अरे बेट...
- हमें भी विवेकानन्द बना दीजिए?...? हाँ, बेटे! वायदा करता हूँ कि मैं किसी को विवेकानन्द बना दूँ, पर पहले तू चेला तो बन। नहीं, महाराज जी! ...
- हमें भेजने की आवश्यकता क्या है?...? किसी और को भेज दीजिए, जो उन लोगों की भाषा को समझ सकता हो। उन्होंने हमें किराए की जबान दे दी और कहा क...
- हमें मालूम नहीं, आयेंगे कि नहीं आयेंगे?...? हम इंतजार नहीं करते, लक्ष्मीजी कब आयेंगी, हमें नहीं मालूम।मित्रो! देवताओं की मान्यता हमारे भारतवर्ष ...
- हमें मालूम नहीं, तो फिर आप हमारा मरना कैसे बता सकते हैं?...? उन्होंने भविष्य बताने वाले सब पण्डित वापस कर दिए। तब समझदारों, विद्वानों ने कहा कि फिर यह बताइए कि कि...
- हमें मौत की तैयारी क्यों नहीं करनी चाहिए?...? शंकर भगवान के मरघट में रहने और अपने शरीर पर भस्म लगाने की नसीहतें हमको यही सिखाती हैं।शंकर भगवान क...
- हमें यह काम सौंपा गया है, तो उसे करने में आना-कानी कैसी?...? दिव्य सत्ता के संकेतों पर चिरकाल से चलते आ रहे हैं और जब तक आत्मबोध जाग्रत् रहेगा, तब तक यही स्थिति ...
- हमें यह ज्ञान होना चाहिए कि प्रथम बार उस देश में जाने पर किन व्यक्तियों और किन संस्थाओं का सहारा लेकर किस प्रकार कहाँ पैर रखने की जगह बन सकती है और आगे किस प्रक्रिया को अपनाकर किस प्रकार क्या कार्य किया जा सकता है?...? यह प्राथमिक आवश्यकता है, वहाँ कम से कम एक लाख रुपया मार्ग व्यय आदि के लिए भी चाहिए। पर्यवेक्षण का का...
- हमें यह सोचना चाहिए कि हम कौन हैं?...? क्या हैं? किसलिए हैं और अपने अस्तित्व की सार्थकता किस प्रकार सिद्ध कर सकते हैं? यह आत्म-बोध यदि न हो...
- हमें राजा बनाना चाहते हैं आप?...? हाँ आपको ही बनाना चाहते हैं। पर हम तो जानवर चराते हैं। बिना पढ़े-लिखे हैं। फिर आप हमें राजा कैसे बना ...
- हमें वनवास नहीं मिला तो क्या हुआ?...? हमें भी वनवास जाना चाहिए और भाई की सहायता करनी चाहिए। सीता जी ने कहा था कि मैं अपने पति के साथ वनवास...
- हमें वह कहावत याद है, कौन-सी?...? एक कहानी है—एक कबूतर और कबूतरी का जोड़ा पेड़ की डाल पर बैठा ऊपर से देख रहा था और एक याचक बहेलिया आया...
- हमें विवेक की आँखें खोलकर यह देखना चाहिए कि प्रशंसा करने, गिड़गिड़ाने, नाक रगड़ने या रिश्वत देने में हम किसी बुद्धिमान संसारी का भी प्यार, अनुग्रह प्राप्त नहीं कर सकते तो ईश्वर को इस प्रकार के बहकाने से कैसे सन्तुष्ट किया जा सकेगा?...? पूजा-उपासना का मतलब ईश्वर को, ईश्वरीय आयोजन एवं निर्देश को स्मृति पटल पर मजबूती से जमा लेना तथा अपने...
- हमें संखिया खिलाकर मार डालेंगे क्या?...? नहीं, हमने संखिया को संशोधित किया हुआ है। कुचला को संशोधित किया हुआ है। किसलिए करते हैं? कुचला को इस...
- हमें संखिया खिलाकर मार डालेंगे क्या?...? नहीं, हमने संखिया को संशोधित किया हुआ है। कुचला को संशोधित किया हुआ है। किसलिए करते हैं? कुचला को इस...
- हमें हरिजन क्यों कहते हैं आप?...? हरिजन तो उन्हें कहते हैं, अछूतों को। अरे बेटे! हरिजन माने जो भगवान का आदमी मालूम पड़ता हो। नहीं साहब...
- हमें हरिजन क्यों कहते हैं आप?...? हरिजन तो उन्हें कहते हैं, अछूतों को। अरे बेटे! हरिजन माने जो भगवान का आदमी मालूम पड़ता हो। नहीं साहब!...
- हमें हीरा-पन्नों से क्या करना?...? पर वह विनोद की बात थी, जो थी सस्तेपन की। उसने मुझे एक हार दिखाया, बड़ा जड़ाऊ और देखने में बहुत बढ़िय...
- हमेशा कहा करते थे, अरे मौत का क्या डर है?...? कोई डर नहीं है, मैं तो अपने आप बुला रहा हूँ; क्योंकि मुझे तो इस ब्रह्माण्ड में समा जाना है। अभी तो म...
- हमेशा कहा करते थे, अरे मौत का क्या डर है?...? कोई डर नहीं है, मैं तो अपने आप बुला रहा हूँ, क्योंकि मुझे तो इस ब्रह्माण्ड में समा जाना है। अभी तो म...
- हमेशा किससे लड़ा करे?...? भगवान् ने उसे क्या सलाह दी? लेकिन हमें हमेशा युद्ध करना है। किससे? अपने आप से, अपने आपे के साथ युद्ध...
- हमेशा जाने संकल्प कहाँ चला जाता है?...? लेकिन उन्होंने जिस दिन से बीड़ा उठाया है, शपथ ली है और जिस दिन से उन्होंने अपने गुरु को वरण किया है।...
- हमेशा दवा खाता रहता है पर जिन्हें घर मकान औषधि उपलब्ध नहीं वह जंगल के जीव हमेशा नीरोग रहते हैं सो क्यों?...? आचार्य ने बताया वे प्राकृतिक जीवन जीते हैं इसलिए-कपड़े पहनना, प्रकृति के विपरीत आचरण करना, परिश्रम से...
- हमेशा युद्ध किससे किया करे?...? द्रौपदी से हमेशा युद्ध किया करे? किससे? भीम से? हमेशा युद्ध किससे किया करे? बीबी से? हमेशा युद्ध किस...
- हर आदमी ले लेगा?...? आप ले लेंगे? चौराहे पर खड़े होकर भाषण देने वाले नेता लोग टक्कर ले लेंगे? न, यह बिलकुल भी सम्भव नहीं ...
- हर आदमी अमीर बनना चाहता है, पर अमीर कहाँ हो पाता है?...? हम गरीब देश में रहने वाले लोग हैं। राममनोहर लोहिया के कहने के मुताबिक़ यहाँ हर आदमी की आमदनी तीन...
- हर आदमी की सेवा करना कतई जरूरी नहीं?...? जो श्रेष्ठ है, उसी की सेवा कीजिये। जो सत्प्रवृत्तियाँ हैं, उन्हीं में सहयोग दीजिये। कोई भी चन्दा माँ...
- हर आदमी को आप (स्वावलम्बी क्यों नहीं सि) स्वावलम्बन क्यों नहीं सिखा सकते?...? अगर आप इस तरीके से स्वावलम्बन सिखाएँ तब, तब आपके ऊपर वो बातें खतम हो जाती हैं।
आपको तो परिवार का प...
- हर आदमी को आप स्वावलम्बन क्यों नहीं सिखा सकते?...? अगर आप इस तरीके से स्वावलम्बन सिखाएँ तब? तब आपके ऊपर से वे बातें खतम हो जाती हैं। अभी तो आपको परिवार...
- हर आदमी को आर्थिक क्षेत्र में समान अधिकार मिलना चाहिए, भला यह भी कोई बात है?...? पाँचों उँगलियाँ छोटी-बड़ी होती हैं और हरेक को अलग रहना चाहिए: लेकिन उसके फॉर्म्यूले अपने थे। जिंदगिय...
- हर आदमी दुःखी क्यों पाया जाता है?...? पूरे संसार में अनाचार और भ्रष्टाचार क्यों फैला हुआ है? पूरा संसार अज्ञानता के अन्धकार में क्यों डूब...
- हर आदमी ने अपने आपसे हजार बार यह सवाल किया कि क्या मैं गलने में समर्थ हुआ?...? क्या मैं समाज के लिए गला? क्या मैं भगवान् के लिए गला? अगर गलने का जवाब यह आया कि हाँ, मैं गला, तो ...
- हर इन्द्रिय के लिए क्या कहें?...? अनोखा प्राणी है मनुष्य। भगवान् ने इस हाड़-मास के जखीरे में एक ऐसी चेतना भर दी है जो अनोखी मालूम पड़ती ...
- हर एक आदमी जो इनको भूल गया है और आनी वास्तविकता को भी, हम अब ये सिखाने की कोशिश करेंगे कि हमारी माँ कौन थी और हमारे पिता कौन थे?...? माँ और बाप की इज्जत करी चाहिए—‘‘मातृ देवो भव, पितृ देवो भव’’ माता-पिता हमारे देव हैं, हमें इनकी पूजा...
- हर एक का सलेक्शन नहीं हो सकता इसलिए क्या हुआ?...? खुदाबन्द करीम के यहाँ जब मीटिंग जैसी तो उसमें यह पता लगाया गया कि इस बार किस-किस की यात्रा कबूल हुई? ...
- हर एक के मना करने, शरीर के नुकसान होने पर आप कैसे चले गए?...? यह कैसे हो गया? आपके मन ने बेचैन कर दिया। दूसरे शब्दों में हमारे भगवान ने बेचैन कर दिया। दूसरे शब्दो...
- हर एक को इस माध्यम से आसानी से मालूम पड़ेगा कि यह सँस्था क्या है?...? इस मिशन का उद्देश्य क्या है? यह संस्था कितनी शानदार है और यह कितने महत्त्वपूर्ण कार्य कर चुकी है...
- हर एक को यह सोचना चाहिए कि यदि उसके ऊपर अनीतिपूर्वक आक्रमण हो तो उसे दूसरे सज्जनों से सहायता, तनाव या अवरोध की आशा करनी चाहिए या नहीं?...? यदि हाँ, तो उसका भी कर्तव्य है कि जहाँ उद्दण्डता हो रही हो वहाँ उपस्थित लोगों में चेतना उत्पन्न करें...
- हर कोई उन्हीं को स्वीकार-अंगीकार करेगा, भले ही उन्हें समय की अनिवार्य आवश्यकता ने नये सिरे से ही प्रतिपादित क्यों न किया हो?...? प्रस्तुत पुस्तक को ज्यादा से ज्यादा प्रचार-प्रसार कर अधिक से अधिक लोगों तक पहुँचाने एवं पढ़ने के लिए...
- हर कोई फायदा उठा लेता है?...? न। हर कोई फायदा नहीं उठा सकता। हर जगह हरियाली बादलों से हो जाती है लेकिन जो चट्टानें हैं, उन चट्टानो...
- हर कोई फायदा उठा लेता है?...? नहीं, हर कोई लाभ या फायदा नहीं उठा पाता। हर जगह हरियाली बादलों से हो जाती है; लेकिन जो चट्टानें हैं,...
- हर चीज में?...? जल जो जड़ है, उसमें भी हलचल पाई जाती है। समुद्र में ज्वार-भाटे पाये पाये जाते हैं। हलचल तो प्राण में ...
- हर जगह आपको यज्ञ करने का और यज्ञ कराने का मौका मिलेगा और आपके व्याख्यान करने पर जनता आपसे पूछेगी कि किसलिए आप हवन करा रहे हैं?...? हवन से क्या फायदा हो सकता है? ज्ञान पक्ष के नाम पर ये बातें, जो मैं आपसे निवेदन कर रहा हूँ, आप लोगों...
- हर जगह आपको यज्ञ करने का और यज्ञ कराने का मौका मिलेगा और आपके व्याख्यान करने पर जनता आपसे पूछेगी कि किसलिए आप हवन करा रहे हैं?...? हवन से क्या फायदा हो सकता है? ज्ञानपक्ष के नाम पर ये बातें, जो मैं आपसे निवेदन कर रहा हूँ आप लोगों क...
- हर जगह काम में लाते हैं-किसको?...? जो व्यायामशाला में ताकत इकट्ठा की थी उसको। इसी तरीके से हम भगवान् के साथ मोहब्बत शुरू करते हैं, प्या...
- हर जगह काम में लाते हैं-किसको?...? जो व्यायामशाला में ताकत इकट्ठा की थी उसको। इसी तरीके है हम भगवान के साथ मोहब्बत शुरू करते हैं, प्यार...
- हर दिन नया जन्म - हर दिन नया जन्म को प्रात:काल से ले के सायंकाल तक आप कैसे उपयोग करेंगे?...? इसके लिए एक टाइम-टेबल सबेरे उठ के बना लेना चाहिए। आप क्या करेंगे? और कैसे करेंगे? क्यों करेंगे? क्रि...
- हर दृष्टि से योग्य बना देने के बाद भी आपको माता-पिता धन क्यों दें, बताइए?...? बेईमानी कहती है कि धन देना चाहिए।
ईमानदारी कहती है कि नहीं, जो कुछ भी है, उसका उपार्जन हमने नहीं...
- हर पाप और अपराध करने वाला अपने पक्ष में ही यही दलील देकर अपने को निर्दोष सिद्ध कर सकता है, फिर उस बेचारों को क्यों कोई रोके?...? संसार के दीन-हीन, पीड़ित, अपंग जब भगवान की इच्छा से ही इस स्थिति में पड़े हैं, विधि का विधान भोग रहे ह...
- हर बात में क्यों और कैसे?...? क्यों और कैसे का सवाल उठता चला आ रहा है। जनेऊ के बारे में, यज्ञोपवीत के बारे में आपको ये क्यों और कै...
- हर बात में क्यों और कैसे?...? क्यों और कैसे? का सवाल उठता चला आ रहा है। जनेऊ के बारे में, यज्ञोपवीत के बारे में आपको ये क्यों और क...
- हर भगवान और हर देवता के साथ उनकी पत्नियाँ विराजमान है फिर उनके मनों को अपने इष्ट देवों से भी आगे निकल जाने की बात क्यों सोचनी चाहिए?...? सप्त ऋषियों में सातों के सातों विवाहित थे और उनके साधना काल की तपश्चर्या अवधि में भी पत्नियाँ उनके स...
- हर मामले में ये सोचिए इसके परिणाम क्या होंगे?...? अगर आप परिणामों पे विचार करेंगे, तो बहुत सी बुराइयों से बच जाएँगे। और आप परिणामों पे विचार करेंगे तो...
- हर रोगी को उसकी स्थिति के अनुरूप दवा दी जाती है, उसी प्रकार रोग विशेष को ध्यान में रखते हुए, रोगी की स्थिति का गहन पर्यवेक्षण करते हुए यह निर्णय करना होता है कि किस स्तर की ऊर्जा उत्पन्न की जाय और उसके उत्पादन के लिए किन पदार्थों का यजन किया जाय?...? इस दृष्टि से हर विशिष्ट रोगी के लिए विशिष्ट हविष्य का निर्धारण करना होता है। इसमें दोनों ही स्तर क...
- हर वक्त लम्बी-चौड़ी प्रेम की चिट्ठी लिखी जाती रहती है और लम्बे-चौड़े आश्वासन दिये जाते रहते हैं; लेकिन यकीन नहीं होता किसी स्त्री को कि छह महीने बाद हमारे गृहस्थ जीवन का क्या होगा?...? इसी तरह किसी मर्द को यकीन नहीं होता कि छह महीने बाद हमारे गृहस्थ जीवन का क्या होगा? लम्बे-चौड़े प्रेम...
- हर व्यक्ति वैकुण्ठ को नहीं जा सकता?...? नहीं पार्वती! जाता है, यह शास्त्रों में लिखा है। नहीं महाराज जी! नहीं जाता होगा, शास्त्रों में गलत ब...
- हर साल आपको हजारों रुपये की आमदनी होती है, आप उसका क्या करते हैं?...? बता दीजिए। वे कहते थे कि पैसे फँस जाते हैं।मित्रो! आदमी बड़ा पागल है, बड़ा जाहिल है। वह क्या करता है? ...
- हर साल में कितनी सोमवती अमावस्या होती हैं?...? चार-पाँच तो होती ही हैं, तो महाराज जी! ये तो दो करोड़ आदमी हो गए। दो हजार आदमियों की जगह नहीं है और ...
- हरफों का उच्चारण करने में बुराई भी क्या है?...? पहले आप गंदे गाने गाया करते थे और सीलोन रेडियो सुना करते थे। उसके स्थान पर अब कुछ हरफों का उच्चा...
- हरामखोर और कामचोर आदमी के पास सम्पत्ति आयेगी?...? नहीं, ये गरीब रहेंगे, ये दरिद्र रहेंगे। ये भूखों मरेंगे और कंगाल रहेंगे। भिखारी रहेंगे और जाहिल ...
- हरिद्वार रहकर हमें क्या करना है और मार्ग में आने वाली कठिनाइयों का समाधान कैसे करना है?...? यह ऊपर बताए निर्देशों के अनुसार हमें विस्तारपूर्वक बता दिया गया। सभी बातें पहले की ही तरह गाँठ बाँध ...
- हरिश्चंद्र आए थे?...? नहीं बेटे! हरिश्चंद्र कहाँ से आ सकते थे? ख्वाबों में आ गए थे। ख्वाब, आदर्श नहीं मर सकते। शरीर को तो ...
- हरिश्चंद्र और भगीरथ की मनोकामना पूरी की?...? क्या मैंने ऋषियों की मनोकामना पूरी की? हरेक को सताया है, जलाया है, सोने की तरह से तपाया है। फिर तू क...
- हरिश्चंद्र कहाँ से आ सकते थे?...? ख्वाबों में आ गए थे। ख्वाब, आदर्श नहीं मर सकते। शरीर को तो मरना ही पड़ेगा। आदर्श कभी मर सकते हैं? आद...
- हरिश्चंद्र को बहुत नुकसान उठाना पड़ा सो?...? उसकी बीबी बिक गयी सो? राज्य बिक गया सो?
हमने छीला है, तराशा है आपको
मित्रो ! इसमें क...
- हरिश्चन्द्र और भगीरथ की मनोकामना पूरी की?...? क्या मैंने ऋषियों की मनोकामनाएँ पूरी की? हरेक को सताया है, जलाया है, सोने की तरह से तपाया है। फिर तू...
- हरिश्चन्द्र तो मर गए?...? नहीं बेटा हरिश्चन्द्र मर नहीं सकते। यह तो एक गाँधी का मैंने तुझे हवाला दिया, पर न जाने कितने गाँधी ब...
- हरिश्चन्द्र ने न जाने कितने आदमियों को गाल में चपत मारी होगी?...? कितने आदमियों को सिखाया होगा? मर गया? मर नहीं सकता हरिश्चन्द्र। और कौन-कौन नहीं मरा? बेटा, मेरे ख्या...
- हरे पेड़ लगाइये, हरियाली उगाइये तब?...? तब कोई लगाता क्या? सरकार कितना प्रचार करती है, कोई सुनता है क्या? सुनने के लिए यह बहुत जरूरी है,...
- हरेक की मर्जी को पूरा करेंगे?...? अपनी मर्जी पूरी करेंगे? मर्जियों की ओर ध्यान मत दीजिए। औचित्य पर ध्यान दीजिए। उनकी क्या माँग उचित है...
- हरेक ने कहा कि आपको ब्याह कर लेना चाहिए?...? क्यों? इसलिए कि आपको सन्तान नहीं हुई। किस काम के लिए? इस काम के लिए कि जो कुछ भी आपके पास कमाई है...
- हल में एक ओर बैल जुता हो दूसरी ओर बकरा, तो जुताई कैसे होगी?...? हाथ-पैरों में से एक छोटा हो एक बड़ा तो चलने और करने की क्रियाएँ बेतुकी हो जायेंगी। एक आँख छोटी एक बड...
- हलचलें किसे कहते हैं?...? आचमन कैसे करना चाहिए? प्राणायाम कैसे करना चाहिए? माला कैसे घुमाना चाहिए? हवन और आरती कैसे करना च...
- हलवाई की दुकान में कितनी सारी मिठाइयाँ और कितने सारे पकवान रखे रहते हैं?...? ढेरों रखे रहते हैं। उनमें से एक का नाम जलेबी होता है, एक का नाम इमरती होता है, एक का नाम बालूशाही ...
- हवन और आरती कैसे करना चाहिए, आदि क्या हैं?...? ये हैं हलचलें। कर्मकाण्डों में प्राण आ जाए— नाम और रूप क्या है? नाम और रूप वो है—गायत्री माता का रूप...
- हवन और किस काम आ सकता है?...? बेटे! हवन और भी कई काम आ सकता है। शारीरिक-मानसिक रोगों के निवारण में भी काम आ सकता है। जब मैं गहराई ...
- हवन करने वालों की, हवन-व्यवस्था करने वालों की, पण्डित जी, पुरोहित जी की हरेक की नीयत खराब है तो उस अग्नि जलाने का, सुगन्धि फैलाने का, जलाने का फायदा मनुष्यों के मनों में, हृदयों में, अन्त:करण में मिलेगा क्या?...? मेरा विश्वास है कि शायद न मिल सकेगा। खेल-तमाशा तो हो गया, विडंबना तो बन गई। वातावरण नहीं बन सकता।...
- हवन करने वालों की, हवन-व्यवस्था करने वालों की, पण्डित जी, पुरोहित जी की हरेक की नीयत खराब है तो उस अग्नि जलाने का, सुगन्धि फैलाने का, जलाने का फायदा मनुष्यों के मनों में, हृदयों में, अन्तःकरण में मिलेगा क्या?...? मेरा विश्वास है कि शायद न मिल सकेगा। खेल-तमाशा तो हो गया, विडंबना तो बन गई। वातावरण नहीं बन सकता।...
- हवन करेंगे, जुलूस निकालेंगे?...? नहीं जो हम कहें सो कीजिए और हमारा कहना यह है कि एक गाँव पीछे एक यज्ञ हो एक कुण्ड का या पाँच कुण्ड का...
- हवन से क्या फायदा हो सकता है?...? ज्ञान पक्ष के नाम पर ये बातें, जो मैं आपसे निवेदन कर रहा हूँ, आप लोगों को बता सकते हैं। अब यज्ञ का ए...
- हवन से क्या फायदा हो सकता है?...? ज्ञानपक्ष के नाम पर ये बातें, जो मैं आपसे निवेदन कर रहा हूँ आप लोगों को बता सकते हैं। अब यज्ञ का एक ...
- हवन से बादल आते हैं?...? बेटे! यह बात सही नहीं है। हवन से अगर बादल आते होते तो हमने बहुत से बादलों को बुला लिया होता और बहुत ...
- हवस पूरी करने के लिए, ख्वाहिशें पूरी करने के लिए, तृष्णा को पूरी करने के लिए?...? हाँ साहब! हम तो ऐसा ही कराना चाहते हैं।
मित्रो! भगवान ने भक्तों के योगक्षेम का जिम्मा लिया हुआ ह...
- हवा कहाँ पड़ी है?...? वहाँ पड़ी है, दुकान पर। क्या कह रही थी? यह कह रही थी कि आप गिलास खाली कीजिए, हम हवा ले करके आएँग...
- हवा की बात भी पूछता है?...? मित्रो! हवा कैसी है? शीलन की हवा है, नमी की हवा है और आपको मलेरिया जैसी शिकायत है। आप कहाँ रहते हैं?...
- हवा के तरीके से दरवाजे-दरवाजे पर खुशबू पहुँचाने के लिए कौन तैयार हेाता है?...? सूरज के तरीके से स्वयं गरम रहने के लिए और दूसरों को रोशनी पहुँचाने के लिए कौन तैयार होता है? चन्द्रम...
- हवा के सन्देश को लेकर कौन आया?...? सन्देश लेकर के यहाँ भगवान् बुद्ध आए थे। तो क्या भगवान् बुद्ध ने हिन्दुस्तान का-सारे एशिया का बेड़ा गर...
- हवा के सन्देश को लेकर कौन आया?...? सन्देश लेकर के यहाँ भगवान बुद्ध आए थे। तो क्या भगवान बुद्ध ने हिन्दुस्तान का, सारे एशिया का बेड़ा गर्क ...
- हवा कैसी है?...? शीलन की हवा है, नमी की हवा है और आपको मलेरिया जैसी शिकायत है। आप कहाँ रहते हैं? साहब! हम उड़ीसा में र...
- हवा को कैसे देखेंगे?...? भगवान को देखा नहीं जा सकता, अनुभव किया जा सकता है। बस! तू भगवान के खेत में बोना शुरू कर। तेरे पास सम...
- हवा चलते ही आमतौर से घोंसले उसके, किसके?...? कबूतर के, जमीन पर गिरते हैं और बच्चे सब तबाह हो जाते हैं। इसलिए अक्सर देखा गया है, कबूतर किसी पुराने...
- हवा में गायब हो जाने का?...? बेटे, हवा में गायब हो जाने का अनुभव हमको नहीं है और क्या पेशाब से दिया जलाने का अनुभव आपको नहीं है? ...
- हवा में गायब हो जाने का?...? बेटे, हवा में गायब हो जाने का अनुभव हमको नहीं है और क्या पेशाब से दिया जलाने का अनुभव आपको नहीं है? ...
- हवा में जब स्वयं ही जीवन नहीं पाया जाता, तो वह प्राणी को जीवन कहाँ दे सकती है?...? यदि साँस लेने से जीवन का सम्बन्ध नहीं है, तो उसे प्राण के अर्थ में क्यों प्रयुक्त किया जाता है और प्...
- हवाई जहाज और पानी के जहाज कहाँ थे?...? टेलीफोन और टेलीग्राम कहाँ थे पाँच सौ वर्ष पूर्व। आजकल जितनी मशीन दिखाई पड़ती हैं, पाँच सौ वर्ष पूर्व ...
- हवाई जहाज कितने का आता है?...? पाँच करोड़ रुपये का। कौन चलाता है? बेटे! पायलट चलाता है। पायलट नहीं होगा तो हवाई जहाज रखा रहेगा। मशीन...
- हवाई जहाज को चलाता कौन है?...? हवाई जहाज कितने का आता है? पाँच करोड़ रुपये का। कौन चलाता है? बेटे! पायलट चलाता है। पायलट नहीं होगा त...
- हवाईजहाज कितने का आता है?...? कई करोड़ रुपए का। कौन चलाता है? बेटे पायलट चलाता है। पायलट नहीं होगा तो हवाईजहाज रखा रहेगा। मशीनें कि...
- हवाईजहाज को चलाता कौन है?...? हवाईजहाज कितने का आता है? कई करोड़ रुपए का। कौन चलाता है? बेटे पायलट चलाता है। पायलट नहीं होगा तो हवा...
- हवाईजहाज पहले यों घूमते हैं, फिर उसके बाद में कैसे घूमते हैं?...? हवाईजहाज फिर चौड़े होते जाते हैं। चौड़े हो जाने के बाद में बिल्कुल ऐसे हो जाते हैं। फिर बिल्कुल ऐसे हो...
- हवाएँ कैसे चलेंगी?...? जीव-जंतु पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे? भगवान् सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरमी सो नहीं सकती। ज...
- हवाएँ कैसे चलेंगी?...? जीव-जंतु, पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे? भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरमी सो नहीं सकती। जो...
- हवाएँ कैसे चलेंगी?...? जीव-जंतु पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे? भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरमी सो नहीं सकती। जो ...
- हविश का राक्षस इस तरीके से उछलता और उबलता रहता है कि अच्छे कार्यों के लिए, भजन-पूजन के लिए कुछ नहीं बचता हमारे पास, फिर सेवा के लिए, परमार्थ के लिए, देवपूजन के लिए कहाँ बचेगा?...? आपके पास है क्या जिससे पूजन करेंगे? आपके पास तो बची हुई एक हविश है, जिसको पूरा करने के लिए आप हर एक ...
- हा, यही हैं गायत्री परिवार वाले देखो-देखो इनके घर में क्या हो रहा है?...? यही हैं गुरुजी के शिष्य? नहीं बेटे! हमको यह कलंक मत लगवाना। हम आपसे निवेदन करते हैं कि सम्पूर्ण संसा...
- हाँ आप सबने सुनी है, लेकिन आपने क्या वह अमृत पिया है?...? नहीं, आपने अमृत नहीं पिया। क्यों? क्या वह पुस्तक कोई और थी? नहीं, पुस्तक तो वही है। कथा भी बिलकुल वह...
- हाँ गुरुजी हमारे इष्ट तो हनुमान जी हैं, तो आप हनुमान जी बनिए हमें क्या शिकायत है?...? नहीं साहब! हनुमान जी तो हम नहीं बनना चाहते। रहेंगे तो हम वहीं, जैसे पहले थे और पूजा करेंगे हनुमान जी...
- हाँ गुरुजी, शादी हो गई है, बहू कितनी पढ़ी-लिखी है?...? गुरुजी, बी.ए. पास है तो आपने उसे कितने मूल्य में खरीदा है? आप बकरी, गाय खरीदते हैं, तो उसका मोल-भाव ...
- हाँ जमा है, तो हमारा जमा कर लेते?...? नहीं बेटे! कोई चोर छीन ले जाएगा, इसलिए हम पैसे अपने पास नहीं रखते। क्यों साहब! बैंक में जमा नहीं किय...
- हाँ तो आप क्या चाहते हैं?...? बेशकीमती चीजें पाने के लिए, अच्छी चीजें पाने के लिए, इज्जत पाने के लिए आपको क्या करना चाहिए? आपको जँ...
- हाँ तो आप क्या चाहते हैं?...? बेशकीमती चीजें पाने के लिए, अच्छी चीजें पाने के लिए, इज्जत पाने के लिए आपको क्या करना चाहिए? आपको जँ...
- हाँ तो ठीक है, पर तो खाना-पीना खा ही आया होगा?...? चल तो अच्छा रहा, बैठ जा और बता तेरे घर में सब कैसे हैं? अच्छा अच्छा तो तेरी छोटी मामी ने क्या खिलाया...
- हाँ पूरे हो जाएँगे?...? यदि आपका शौर्य, साहस और पराक्रम घटिया दर्जे का होगा, तभी यज्ञ असफल होगा और आपकी योग्यता की घोषणा करन...
- हाँ फिर क्या करें?...? आप अपने तीन साल का तप हमको दे दीजिए। तो फिर क्या करेगा बेटे, तप का? तीन साल के तप में तो हमारे यहाँ ...
- हाँ बच्चा, जरा बता दे तेरे चाचा कैसे डाँटते हैं चाची को?...? अब बच्चा प्रशंसा प्राप्त करने के लिए मजाकिया ढंग से चाचा-चाची के झगड़े की नकल करता है। उस समय बड़े य...
- हाँ बेटे यह दुर्भाग्य नहीं, तो और क्या है?...? आलस्य आदमी का सबसे बड़ा दुर्भाग्य है। आलस्य से बढ़कर दुर्भाग्य इस दुनिया के पर्दे पर और कोई हो नहीं ...
- हाँ बेटे, उन्हीं को जाना चाहिए, अन्यथा पीड़ा और पतन का निवारण कैसे होगा?...? छप्पर जल रहा है, तो जलता हुआ छप्पर किस तरह से आपके पास आयेगा कि आप हमारे ऊपर पानी डाल दीजिए। आपको ...
- हाँ बेटे, ज्ञान की गंगा निकलती है?...? इसी ज्ञान की गंगा को प्रतीक रूप में पानी की गंगा के रूप में बना दिया गया है। अगर हमको शिवजी को प्र...
- हाँ बेटे, पर वह शेषशैय्या कैसी है?...? हजार फनवाली है। हजार फन वाला क्या है? सहस्रार चक्र है। एनाटॉमी के हिसाब से भी यह साबित होता है और आध...
- हाँ बेटे, भगवान देगा, लेकिन भगवान का पूजन केवल वस्तुओं से नहीं हो सकता?...? गुणों और कर्मों के द्वारा होता है। भगवान का पूजन जो हमारे शरीर में कर्मरूप में रहता है, उसका पूजन हम...
- हाँ बेटे, ला तुझे भी बता देते हैं कि क्या विधि है?...? बस एक तो तू माला ले ले और एक मंत्र। मंत्र लेकर क्या करूँ? जप किया कर ॐ नमः शिवाय, ॐ नमः शिवाय। नमः श...
- हाँ बेटे, हम दर्शन तो आपको करा देंगे, लेकिन उससे क्या फायदा होगा?...? जैसे ही दर्शन करेंगे, वैसे ही वे पैसा दे देंगे। चल बेहूदा कहीं का, इसीलिए तू दर्शन करेगा। देख मैं कु...
- हाँ हुजूर, बताइये, क्या काम करूँ?...? हमारा मुकदमा चल रहा है, हमको जितवा दो। अच्छा हुजूर, अभी आपका मुकदमा जितवाता हूँ। भगवान मालिक है या...
- हाँ, अब नहीं आयेंगे?...? हाँ। तो फिर अस्सी बीघे जमीन की लिखा-पढ़ी कर जाइये, हमको और अपने घर वालों को, खानदान वालों को दे जाइ...
- हाँ, आप हम पर हुकुम चलाना चाहते हैं?...? हाँ, आप हमें गुलाम बनाना चाहते हैं? देवी ने कहा, हम आपकी नौकरानी बन सकती हैं और गुलामी भी कर सकती है...
- हाँ, आप हम पर हुकुम चलाना चाहते हैं?...? हाँ, आप हमें गुलाम बनाना चाहते हैं? देवी ने कहा, हम आपकी नौकरानी बन सकती हैं और गुलामी भी कर सकती है...
- हाँ, आप हमें गुलाम बनाना चाहते हैं?...? देवी ने कहा, हम आपकी नौकरानी बन सकती हैं और गुलामी भी कर सकती हैं, पर हमने एक प्रतिज्ञा कर रखी है। आ...
- हाँ, आप हमें गुलाम बनाना चाहते हैं?...? देवी ने कहा, हम आपकी नौकरानी बन सकती हैं और गुलामी भी कर सकती हैं, पर हमने एक प्रतिज्ञा कर रखी है। आ...
- हाँ, आपको एक बात सुनाऊँ?...? उन्होंने कहा—हाँ सुनाओ। बीबी ने कहा—ऐसा था कि दो महीने पहले, मैं पड़ोसी के यहाँ से, हाथों के ...
- हाँ, कृष्ण ही पिएगा जहर और मीरा क्या पिएगी?...? मीरा, मीरा अमृत पिएगी। क्यों? क्योंकि उसकी श्रद्धा जो थी न भगवान के प्रति।
भगवान के प्रति जिस दिन...
- हाँ, ठीक बात है अब कौन से आ गए?...? किसको वोट देंगे? आपकी पार्टी को देंगे। आपकी पार्टी कौन सी है? जो भी आपकी पार्टी है, उसी को दे देंगे।...
- हाँ, पहले देख तो लो कि सत्संग भवन में कौन बैठा है?...? ये बैठे हैं ऐसे बुजुर्ग, जिनको कहीं कोई जगह नहीं है। न घर में जगह है, न पड़ोस में। हमउम्र कोई रहा नह...
- हाँ, फिर क्या करें?...? आप अपने तीन साल का तप हमको दे दीजिए। तो फिर क्या करेगा बेटे, तप का? तीन साल के तप में तो हमारे यहाँ ...
- हाँ, फोकट में मिलते हैं आशीर्वाद?...? इसके लिए कितनी मेहनत करनी पड़ती है, शक्ति खरच करनी पड़ती है, तू समझता नहीं है।
हमारे बॉस' से...
- हाँ, बच्चों की शिकायत कि क्या आप देंगे?...? हाँ बेटे! हम आशीर्वाद देंगे की चालीस लाख आदमी जो यहाँ आए हुए हैं, उन सबको एक-एक बेटा हो जाए। यदि...
- हाँ, बता देंगे, पहले इन्हें याद कर गिनती?...? गिनती—एक, दो, तीन, चार, पाँच, छह, सात, आठ, नौ, दस, पहाड़े—पाँच एक पाँच, पाँच दो दस, पाँच तीन पन्द्रह।...
- हाँ, बेटे से कहलवायेंगे?...? क्यों? क्या वजह है? बच्चा तो बच्चा है, बाप तो विद्वान है। क्या कारण है?
राजा परीक्षित ने कहा कि ए...
- हाँ, बेटे, यह जो दवाई तू बाँटता है, यह क्या चीज है?...? बस इतना हमको बता दे या तो इसका नुस्खा लिखा दे या अपने पास से दे दे। इस दवाई को हम भी दिया करेंगे तो ...
- हाँ, भगवान किसी को भी नहीं मिल सकता हैं और किसी से भी नहीं मिल सकता है, क्योंकि भगवान गया कहाँ था?...? मित्रो! वह केवल हमारे विचार करने के तरीके, सोचने के तरीके और दृष्टिकोण के परिष्कार के पश्चात अपनी अन...
- हाँ, भाषा क्या होती है?...? शिक्षित होगा, तो परमार्जित भाषा में बोलेगा और ज्यादा शिक्षित नहीं है, तो श्लोक लगाकर नहीं बोलेगा। को...
- हाँ, मुझे बनाया गया है, इसमें कोई शक नहीं है, बनाया है, तो मेरे दो कदम आगे उठते हैं और न बनाया होता तो?...? तो मैं भी साधारण जैसी रही होती।
बेटा! मेरा भी समर्पण है कि मेरे खून की एक-एक बूँद इस मिशन के लिए, ...
- हाँ, यह तो ठीक है कि उसने बच्चों को ऐटीकेट सिखा दिया होगा, “थैंक्यू वेरी मच" सिखा दिया होगा, परन्तु इससे क्या होता है?...? इससे क्या वह संस्कारवान् बन जाएगा? इससे क्या उसे प्यार-मोहब्बत मिल जाएगी? नहीं साहब! यह तो हम नहीं क...
- हाँ, वह हमारे काम नहीं आ रहा था तो ऐसी चीज, जो आपके काम नहीं आ रही थी, किसी और के काम में जा जाए, तो उसमें आपको क्या शिकायत हो सकती है?...? उसने बहुत देर समझाया—चोर ले गया, हमारा सारा पैसा चोर ले गया। जंगलियों के पास कोई पैसे तो थे नहीं, पै...
- हाँ, वो सिद्ध देवी थी?...? काली किसकी थी? रामकृष्ण परमहंस की काली थी। फिर क्या हुआ उस काली का? क्या हुआ! जब रामकृष्ण परमहंस मरे...
- हाँ, व्यायाम की भी हमको आवश्यकता है, कसरत की भी हमको जरूरत है, हम तो सारे दिन व्यायाम करेंगे?...? नहीं, सारे दिन व्यायाम नहीं किया जा सकता। क्या करना पड़ेगा? भगवान के क्रिया-कलापों में हस्तक्षेप करन...
- हाँ, व्यायाम की भी हमको आवश्यकता है, कसरत की भी हमको जरूरत है, हम तो सारे दिन व्यायाम करेंगे?...? नहीं, सारे दिन व्यायाम नहीं किया जा सकता। क्या करना पड़ेगा? भगवान के क्रियाकलापों में हिस्सेदारी करन...
- हाँ, सब गंगा नहाने जा रहे हैं?...? अजी साहब! क्या मजाक कर रहे हैं? सब गंगा नहाने जाएँगे, तो कैसे काम चलेगा? ये सब स्वर्ग जाएँगे? उन्हों...
- हाँ, हम वास्तव में ऐसा कर रहे हैं?...? तो आप मेरे लायक कोई सेवा बताइए। और आप जानते हैं, उसने क्या किया?
(क्रमशः)
(समापन किश्त अगले अंक...
- हाँ-में मिलाने से कहीं कुटुम्ब बनते हैं क्या?...? एक आँख प्यार की और एक आँख सुधार की अगर आप रखते हैं, तो आप अपने कुटुम्बियों के प्रति कर्तव्यों और उत्...
- हाँ-हाँ, कलकत्ते के मारवाड़ी हैं और मुण्डन कराने कहाँ जाएँगे?...? हम मुण्डन कराने जाएँगे जैसलमेर। कितना किराया लगेगा? अहा! किराये की बात क्या पूछते हैं? किसी आदमी पर ...
- हाईकोर्ट ने ऊँट से गवाही में पूछा—आप कितना खाना खाते हैं?...? ऊँट ने कहा—मैं छ: मन खाना खा जाता हूँ। भगवान ने पूछा—मैंने मनुष्य के साथ पक्षपात किया होता, तो तुम्ह...
- हाथ खाली रहा है क्या?...? नहीं हाथ के पास फिर दोबारा माँस के रूप में, रक्त के रूप में, हडिड्यों के रूप में, स्फूर्ति के रूप मे...
- हाथ गाल पर ही रखकर प्रशिक्षक बालकों से पूछता है, ‘‘मैंने हाथ गाल पर रखने को कहा था या ठोड़ी पर?...? ’’ बालक इस बात पर हँस पड़ते हैं। और कहते हैं कि प्र्रशिक्षक ने हाथ ठोड़ी पर रखने के लिए कहा था, लेकिन ...
- हाथ चलते रहते हैं, लेकिन क्या बन्द रहता है?...? आदमी की आवाज बन्द रहती है। बोलना पहले से ही बन्द हो जाता है। आँखें काम करती रहती हैं। आँखों में से पान...
- हाथ न होता तो?...? तो नहीं कर सकते थे। आप हमारे सहयोगी हैं। साथी हैं मित्र हैं सबने मिलजुलकर एक बड़ा काम किया है। एकाकी...
- हाथ ने कमाया न?...? किसने खाया? मुँह ने खाया। हाथ ने खाया? नहीं हाथ ने नहीं खाया। कौन खा गया? मुँह खा गया। नहीं मुँह ने ...
- हाथ ने खाया?...? नहीं हाथ ने नहीं खाया। कौन खा गया? मुँह खा गया। नहीं मुँह ने नहीं खाया। मुँह ने सिर्फ चबाया और चबा क...
- हाथ में माला लगी रहती है और दिमाग न जाने कहाँ घूमता रहता है?...? न जाने किधर को जाता है। इधर तो गुरुजी की बात को भी यों कहते हैं कि अरे गुरुजी की बात तो पत्थर की लकी...
- हाथ सह लेते हैं?...? हाथ का आह्वान आपके लिए किया गया है।
यदि आप में सामर्थ्य हो और सम्भव हो, तो बेटे आप हमारे हाथ बनन...
- हाथ से पी लें?...? हाथ से पी लो। सोके पी लें? सोकर पी लो। लेटकर पानी पी लें? हाँ, बीमार हो, तो लेटकर पानी पी लो। खड़े हु...
- हाथ-पाँव से किससे मतलब है?...? आपसे है। मेरा मतलब आप उन दस हजार आदमियों में से हो जायें जिनको मैं यह कहूँ कि शक्तिपीठ बनाना मेरा बे...
- हाथ-पैर का क्या काम होता है?...? हाथ कहलाने का ही नहीं होता, कुछ काम करने का भी होता है। दायाँ-बायाँ हाथ अगर कोई बनेगा, तो किस बात का...
- हाथियों को, कालिया को मार डाला, कैसे मार डाला बच्चे ने?...? बेटे, बच्चे ने नहीं, सत्य ने मार डाला। सत्य के पास हजार हाथियों के बराबर बल होता है। इसीलिए मुष्टिका...
- हाथियों को, कालिया को मार डाला, कैसे मार डाला बच्चे ने?...? बेटे, बच्चे ने नहीं, सत्य ने मार डाला। सत्य के पास हजार हाथियों के बराबर बल होता है। भगवान श्रीकृष्ण...
- हाथी के ऊपर अंकुश नहीं लगाएँ तब?...? तब फिर आप समझ लेना, ये जानवर आपके लिए बड़े खौफनाक साबित होंगे और आपको तहस-नहस करेंगे। इसलिए इनको नियं...
- हाथी पकड़ना क्या समझते हो सरल है नहीं?...? मछली पकड़ने वाले भी सारे दिन बैठे रहते हैं। हाथी पकड़ने वाले भी सारे दिन बैठे रहते हैं। दो-चार मछलियाँ...
- हाथी से बड़ा पुरुषार्थ?...? विवेक से बड़ा पुरुषार्थ? घोड़े से बड़ा पुरुषार्थ? ज्ञानी से बड़ा पुरुषार्थ? एक से एक बड़े पुरुषार्थी...
- हानि जरा-सी हो जाती और आपे से बाहर हो जाते हैं, ये क्यों होता?...? भगवान् पर विश्वास करने वाला ऐसा नहीं कर सकता है। बड़ा धीर, वीर और गम्भीर होता है। भगवान् पर विश्वास त...
- हानि पहुँचाने के लिए आने वाले शत्रु के साथ जिसका ऐसा मधुर व्यवहार है, उस धर्मात्मा राजा को काटूँ तो किस प्रकार काटूँ?...? यह प्रश्न उससे हल न हो सका। राजा के पलंग तक जाने तक सर्प का निश्चय पूर्ण रूप से बदल गया।
सर्प के आगम...
- हाय यह क्या हुआ?...? इसका ऐसा हो गया। हाय करके रह जाएँगे कि उसकी मदद करेंगे।
जहाँ कहीं भी हमको पीड़ा और पतन मिलेगा, उस ...
- हार गया तो क्या है?...? चेहरे पर कोई शिकन ही नहीं। आप अपने चेहरे पे शिकन मत आने दीजिए। चिन्ताओं को और मुसीबतों की कल्पनाएँ कर...
- हार्ट की स्पीड क्या है?...? कम हो गयी। नाड़ी की गति धीमी पड़ गयी, ब्लडप्रैशर कम पड़ गया। डाक्टरों का गिरोह झूठ-मूठ कहता चला गया और ...
- हिंदुओं के बच्चों ने इसलिए इनकार किया, क्योंकि उन्हें किसी ने भी ये बताया नहीं कि आखिर ये क्या है?...? हम लोगों ने इसे यज्ञोपवीत नाम क्यों दिया? इसके पीछे शिखा के बारे में कोई जानकारी नहीं दी कि शिखा क्य...
- हिन्दुस्तान के एक आदमी का, एक और किस्सा सुनाऊँ?...? राजस्थान का 22-23 साल का एक छोकरा, संस्कृत में मध्यमा तक पढ़ा हुआ, एक स्कूल में अध्यापक था। चार साल ...
- हिन्दुस्तान में भी कोई इस तरह का शंकर भगवान हुआ है?...? एक दिन हम आपको बाबा साहब आप्टे का नाम सुना रहे थे और कह रहे थे कि कोढ़ियों की सेवा करने के लिए, दुखि...
- हिन्दुस्तान वालों ने कह दिया, चल, हम अपने पिता का सर देंगे?...? मूल्य लेंगे उसका? हमको नहीं चाहिए उसकी कीमत, चाहे वह अरबों−खरबों रुपये की ही क्यों न हों।
अं...
- हिन्दू समाज में से ही क्यों?...? क्योंकि प्रत्येक महत्त्वपूर्ण कार्य, जो संसार में प्रारम्भ किए गए हैं और विश्व का उत्थान करने की योजन...
- हिन्दू समाज में से ही क्यों?...? क्योंकि प्रत्येक महत्त्वपूर्ण कार्य, जो संसार में प्रारम्भ किए गए हैं और विश्व का उत्थान करने की योजन...
- हिंसा की है या अहिंसा की है?...? यह मैं इस बखत बात नहीं कह रहा हूँ।...
- हित-साधन जिसमें जुड़ा हुआ नहीं है, वह कैसे प्यार हुआ?...? ये प्यार तो हो नहीं सकता। इसमें हित-साधन जुड़ा हुआ नहीं है। हित-साधन के लिये जरूरी नहीं है कि किसी की...
- हिन्दी जानने वाला मैं विदेशी भाषा में कैसे बोलूँगा?...? मैं तो पानी भी नहीं पी सकूँगा, कैसे काम चलेगा? किसकी शरण में आप हमें भेजते हैं? उन्होंने कहा कि हम...
- हिन्दुओं के बच्चों ने इसलिए इनकार किया क्योंकि उन्हें किसी ने भी ये बताया नहीं कि आखिर ये क्या है?...? हम लोगों ने इसे यज्ञोपवीत नाम क्यों दिया? इसके पीछे शिक्षा के बारे में कोई जानकारी नहीं दी कि शिखा क...
- हिन्दुओं के मुताबिक तो वहाँ खीर की नदियाँ होती हैं और बुरा शब्द तो मैं क्या कहूँ आपसे?...? रहने दीजिए। मैं माँ हूँ, आप बच्चे हैं। मुसलमानों के जन्नत में हूर और गुलाम मिलेंगे। वहाँ शराब की नदि...
- हिन्दुओं को कभी आपने इकट्ठे होते हुए देखा है?...? तुम कौन हो? हम तो रामानंदी हैं। रामचन्द्रजी का मन्दिर तो वहाँ है और हम वहाँ जाएँगे, रामचन्द्रजी को पू...
- हिन्दुस्तान में इस तरह के और कितने बाबा जी हैं?...? छप्पन लाख हैं। इसमें से दो-पाँच बाबा जी यहाँ रह जायें और हम लोगों को बीच काम करना शुरू कर दें, तो ...
- हिन्दुस्तान में ज्ञान और धर्म का प्रचार हो गया?...? जो इतना लंबा सफर करके आप हम लोगों को ज्ञान देने और शिक्षण करने के लिये यहाँ आये? बड़ा नाजुक सवाल था...
- हिन्दुस्तान के गिना दीजिए?...? अच्छा हिन्दुस्तान के जिन्दा आदमियों के नाम गिनाता हूँ। एक मामूली-सा वकील था। छोटा-सा वकील जो नागपुर ...
- हिन्दुस्तान में कौन रहते हैं?...? देवमानव रहते हैं, देवता रहते हैं। वे देवताओं का दर्शन करने आते थे और उनको जगद्गुरु कहते थे। वे कहते ...
- हिन्दुस्तान में दस-ग्यारह लाख राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के पास आदमी हैं और कम्युनिस्ट पार्टी के पास पाँच-छः लाख आदमी हैं और दूसरी पार्टी जैसे जनता पार्टी के पास कह नहीं सकते हैं कि कितने हैं?...? काँग्रेस के पास पहले चार-पाँच लाख आदमियों का संगठन था। सबको मिलाकर बीस-इक्कीस लाख के करीब हो जाते है...
- हिन्दुस्तान में विदेशी माल की साख?...? उसने उस दिन से शुद्ध और उम्दा अचार बनाकर बेचने का निर्णय किया। उस अब्दुल हुमेन की ईमानदारी ऐसी फली क...
- हिन्दुस्तान में संस्थाओं का क्या कहना?...? इससे लोगों को बेकार का भ्रम और बेकार की उलझनें पैदा होती हुई चली जाती हैं।...
- हिन्दुस्तान ही नहीं, संसार की प्रत्येक लाईब्रेरी में जाइए और जाकर पूछिए कि चारों वेदों के भाष्य आपके यहाँ है क्या?...? उत्तर हाँ में मिलेगा। नास्तिक देशों की बात मैं कहता हूँ। आप पूछिए क्यों साहब इस नाम के व्यक्ति को आप...
- हिन्दू धर्म क्या है?...? अलंकारों के माध्यम से अत्यधिक महत्त्वपूर्ण समस्याओं को सुलझाने का यह एक बेहतरीन तरीका है। कबीर की एक...
- हिन्दू यज्ञ में से पैदा हुआ और जायेगा कहाँ?...? यह अपने पिता यज्ञ पिता की गोद में समा जायेगा।मित्रो! यज्ञ में आहुतियाँ दी जाती हैं। अन्तिम संस्कार के...
- हिप्नोटिज्म क्या है?...? मैस्मेरिज्म क्या है? एक काला गोला लेते हैं और उसके मध्य सफेद बिंदु पर यह ध्यान करते हैं कि हम इस बिं...
- हिप्नोटिज्म क्या है?...? मैस्मेरिज्म क्या है? एक काला गोला लेते है और उसके मध्य सफेद बिंदु पर यह ध्यान करते हैं कि हम इस बिंद...
- हिप्पी जो हमारे भीतर बैठा हुआ है, यह कौन है?...? यह जानवर है, जिसके ऊपर सिद्धान्त लागू नहीं हो सकते। जो कायदे को नहीं मानता। जो मर्यादा और बन्धनों से इ...
- हिप्पी साहब जा रहे हैं?...? क्या मामला है? आप ऐसे क्यों रहते हैं? इसलिए कि सब हमारी शक्ल देखें और कहें कि देखिए, इनकी शक्ल कैसी ...
- हिमालय क्या है?...? स्वर्ग है। स्वर्गारोहण के लिए जब पांडव गए थे तो यहीं गए थे। स्वर्गारोहण बद्रीनाथ से आगे यशोधरा है और...
- हिमालय क्या है?...? स्वर्ग है। स्वर्गारोहण के लिए जब पाण्डव गये थे तो यहीं गये थे तो यहीं गये थे। स्वर्गारोहण-बद्रीनाथ स...
- हिमालय चले जायेंगे, तो आपको क्या दिक्कत आयेगी?...? हमारे गुरुजी भी तो हिमालय में रहते हैं और हिमालय में रहते हुए भी हमारी बहुत सेवा करते हैं। हम कहीं...
- हिमालय पर क्या होता है?...? सिनेमा होता है क्या, नहीं बेटा। हिमालय पे क्या होता है, मिठाइयाँ बिकती हैं क्या? नहीं। हिमालय पे कचौ...
- हिमालय पे कचौड़ियाँ बिकती हैं क्या?...? क्या होता है हिमालय पे। रात भर जंगली जानवर चिल्लाते हैं और रात भर बड़े-बड़े अजगर निकलते हैं। पेड़ों के ...
- हिमालय पे क्या होता है, मिठाइयाँ बिकती हैं क्या?...? नहीं। हिमालय पे कचौड़ियाँ बिकती हैं क्या? क्या होता है हिमालय पे। रात भर जंगली जानवर चिल्लाते हैं और ...
- हिमालय मन्दिर क्या है?...? ये प्रतीक क्यों बना दिए है? प्रतीकों का अपना अलग महत्त्व है। एकलव्य ने द्रोणाचार्य का प्रतीक बना लिय...
- हिमालय में न जाने कितने हजार आदमी रहते हैं?...? हिमालय में कोई अच्छी भी जगह है और बेकार भी जगह है। हिमालय में जो जन रहते हैं वहाँ झाड़ियाँ हैं, वहाँ ...
- हिम्मत है आप में?...? जीवन है आप में? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा...
- हिम्मत किसे कहते हैं?...? हिम्मत से मेरा मतलब उस दिलेरी से नहीं है, जो डाकुओं में पाई जाती है, लुटेरों में पाई जाती है, ठगों...
- हिम्मत देने से छोटे-छोटे आदमी भी, साधनविहीन आदमी भी क्या से क्या कर गये हैं?...? आप चाहे पुराणों को पढ़ लीजिए, इतिहास को पढ़ लीजिए या अखबारों को पढ़ लीजिए। इन तीनों में से जो भी आपकी म...
- हिम्मत न हो तब?...? फिर आदमी बेपेंदे लोटे की तरह से इधर-उधर भटकता रहता है। मनोबल बढ़ाने के लिये कोई न कोई संकल्प जीवन म...
- हिम्मत नहीं देंगे?...? क्या आप इतनी भी कृपा नहीं कर सकते? अगर हमने यह प्रार्थना की होती तो मजा आ जाता, फिर हम शान्ति ले करके...
- हिम्मत वाले आदमी दुनिया में क्या कर सकते हैं?...? दुनिया में हिम्मत वालों के नाम बताइए? बेटा एक का नाम था नल और एक का नाम था-नील। नल-नील क्या होते हैं...
- हिम्मत है आप में?...? जीवन है आप में? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा ब...
- हिरण्यकश्यपु ने अपनी मनोकामना पूरी कर पाई?...? न कर पाई। आप तो बेकार आदमी हो, बार-बार बच्चों की तरह मनोकामना, मनोकामना माँगते रहते हैं? यहाँ तो आप ...
- हिरण्याक्षों से लेकर सिकन्दरों जैसे प्रतापियों को वैभव की महत्त्वाकांक्षा पूरी करने का अवसर न मिला तो सामान्यजनों की बात ही क्या है?...? सामान्यों में भी वे जो योग्यता, श्रमशीलता एवं मितव्ययता की उपेक्षा करते हैं, इतने पर भी धन कुबेर बनन...
- हिल-मिलकर खाते हैं ना?...? कुटुम्ब न हो तब? तब मुश्किल है। हिल-मिलकर खाने का यह आध्यात्मिक साम्यवाद आप अपने घर से शुरू कर सकते ...
- हिलेरी कौन था?...? हिलेरी वो था जिसके मन में आया कि भारत की सबसे बड़ी और ऊँची पर्वत की चोटी, जिसके बारे में लोग कहते तो ...
- हिलेरी वो था जिसके मन में आया कि भारत की सबसे बड़ी और ऊँची पर्वत की चोटी, जिसके बारे में लोग कहते तो हैं, पर है क्या?...? देखना चाहिए वह शेरपा तेनसिंग नोरके को लेकर देखना चाहिए। एवरेस्ट की चोटी पर चढ़ गया था और वहाँ पर झण्डा...
- हिसाब को समझता नहीं है?...? बस, वही ‘राम नाम जपना पराया माल अपना’। यही भजन सुन रखा है बाजीगरों से। बाजीगरों की बात छोड़िए। फिर क्...
- हिसाब देने के लिए कि जिन्दगी जैसी कीमती चीज आप लेकर गए थे और उसके बदले में क्या खरीद करके लाए?...? साहब ! ये खरीद कर लाए, चाय खरीद कर लाए, पतंग खरीद कर लाए। अरे अभागे! जिन्दगी के बदले तुझे क्या खर...
- हिसाब लगाइए, धोबी रखिए, तो धोबी कितने में आएगा और फिर एक चौकीदार रखिए, चौकीदार कितने में आएगा?...? सरकारी चौकीदार कितने में होते हैं, बेटे! दस हजार तक पाते हैं? और इस बेचारी को चौकीदार, धोबी, माली सब...
- हिस्सा क्यों बाँटूँ?...? साहब! हम तो कभी-कभी देते हैं। कभी-कभी नहीं देते। अक्षत धन हमने कमाया था और हम कमाते हैं और इसमें से ...
- हीरा बहुत कीमती था, सो राजा को बहुत चिन्ता हुई, पर किया क्या जाता, अन्धेरी रात में कैसे ढूँढ़ते?...?
राजकुमार को एक उपाय सूझा। उसने अपनी पगड़ी खोली और वहाँ का सारा पथरीला रेत समेटकर पोटली में बाँध लिया...
- हीरा-मोती लेकर गए?...? कुछ भी नहीं ले गए भगवान।
कहीं भी जाते हैं, तो (उस) मनुष्य की पात्रता को परखने के लिए, (उसकी) महानत...
- हीरा-मोती लेकर गये थे?...? कुछ नहीं। भगवान कहीं भी जाते हैं, तो मनुष्य की पात्रता को परखने के लिए जाते हैं, उसकी महानता को परखन...
- हीरालाल शास्त्री किस आदमी का नाम है?...? बड़े मालदार आदमी का नाम है। बड़े सेठ आदमी का नाम है, तो क्या कोई सेठ हो सकता है? कैसे हो सकता है? उपास...
- हीरालाल शास्त्री कौन थे?...?...
- हीरालाल शास्त्री नाम के गाँव के उस छोटे-से अध्यापक ने अपना सब कुछ न्यौछावर कर दिया तो वहाँ अब क्या है?...? करोड़ों रुपये की इमारत बनी है। लड़कियाँ हवाई जहाज चलाना सीखती हैं, सही अर्थों में आत्मनिर्भर बन नारी क...
- हीरे और कोयले में क्या फरक पड़ता है?...? कुछ फरक नहीं पड़ता। आप दोनों को लेबोरेट्री में भेज दीजिए और पता कीजिए कि कोयले में क्या फरक है और ही...
- हुंकार दिखाती और न जाने क्या-क्या दिखाती है?...? बेटे, एल. एस. डी. नामक एक दवा आती है। उसकी एक बूँद तेरे जीभ में डाल दूँ तो तुझे बड़ी से बड़ी चीज दिखला...
- हुंडियों के रूप में क्या कहना जैसे जलाराम बापा की कहें, क्या गुरुजी की, अपनी कहें, किस-किसकी कहें?...? आज एक लड़का आया, बोला कि क्या कमाल हो रहा है?
मैंने कहा देखता जा। क्या हो रहा है? यह सारी की सारी...
- हुआ क्या है?...? भारत भूमि पर पहले से ही यह प्रकाश फैल रहा है। मानो किसी ने पहले से ही स्कीम बनाकर रख दी हो। जब ऊ...
- हुण्डियों के रूप में क्या कहना जैसे जलाराम बापा की कहें, क्या गुरुजी की, अपनी कहें, किस किस की कहें?...? आज एक लड़का आया, बोला कि क्या कमाल हो रहा है? मैंने कहा देखता जा। क्या हो रहा है ये सारी की सारी वही...
- हृदय किसे कहते हैं?...? रक्त कैसा होता है? शरीर विज्ञान किसे कहते हैं? किडनी कैसी होती है? शरीर के अंग-प्रत्यंग जानने के लिए...
- हृदय ने कहा—चल, हमको मारने आया है-क्या?...? हम तेरी बात को नहीं मान सकते। हृदय का जो रक्त था, उसके लिए नन्हीं-नन्हीं नस-नाड़ियाँ मुँह फाड़े बैठी थ...
- हृदय बढ़ जाए तब?...? दृष्टिकोण बढ़ जाए तब? तब फिर मजा आ जाए और अगर हमारा कलेजा-हृदय छोटा होता हुआ चला जाए, तब फिर हमारा द...
- हृदय बढ़ जाए तब?...? दृष्टिकोण बढ़ जाए तब? तब फिर मजा आ जाए और अगर हमारा कलेजा-हृदय छोटा होता हुआ चला जाए तब फिर हमारा दिम...
- हृदय भी है क्या?...? हृदय मीन्स करुणा। करुणा भी किसी के अन्दर है क्या? दरद भी किसी के अन्दर होता है क्या? सम्वेदनाएँ भी किसी...
- हृदय में भगवान कैसे विराजमान हो सकते हैं?...? हनुमान जी ने अपना कलेजा हृदय चीर करके दिखाया और कहा—देखिए हमारे हृदय में बैठे हुए हैं। आप भी हनुमान ...
- हृदय है आप में?...? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं हैं, तो ये बह...
- हृदय है आप में?...? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने ...
- हृदयंगम करने से क्या मतलब है?...? हृदयंगम करने का जो अर्थ होता है वह है कि ब्रह्म को चर जाओ। चर जाओ? हाँ बेटे, जो ब्रह्म को चर जाता ...
- हे मानव / तुम और किस (कामना) की पूर्ति चाहते हो?...? अर्थात् किस कामधेनु को दुहना चाहते हो।
॥ नीराजनम् (आरती) ॥
आर्तभाव से की गई प्रार्थना ही आरती ह...
- है अभी कैसा था कपड़ा?...? मैला-कुचैला उलटी-सीधी सलवटें पड़ी हुईं थी। नील लग करके आ गई। टिनोपाल लग करके आ गया। ये क्या चीज है? य...
- है तुममें से कोई ऐसा?...? न हमने कभी सुख देखा न हमने कभी सुख पाया, न हमने कभी सुख के बारे में सुना, न हमने कभी सुख जाना। जलन, ...
- है तो बनिया और व्यापार कैसे करता है?...? बेटे! व्यापार बिना कमीशन के हो नहीं सकता। व्यापारी से पूछ कितना परसेंट लेते हो? बारह, पंद्रह, बीस, स...
- है तो हमारी, लेकिन कैसे है?...? इसलिए कि हम मानते हैं कि ये हमारी है। जिसके ऊपर हम अपनी मान्यता डाल देते हैं, वह हमारी हो जाती है। अ...
- है तो हमारी, लेकिन कैसे है?...? इसलिए कि हम मानते हैं कि ये हमारी है। जिसके ऊपर हम अपनी मान्यता डाल देते हैं, वह हमारी हो जाती है। अ...
- हैरान थे, ऐसा कैसे हो गया?...? थोड़ी देर बाद डॉक्टरों की पूरी टीम ने मुझे घेर लिया। दुबारा एक्स-रे लिया गया। पहले के सब एक्स-रे को व...
- हो गई रामायण, इसको सुनकर वैकुण्ठ को जाएँगे?...? नहीं जाएँगे। वाणी में हो प्राण मित्रो! एक बार सुन लीजिए हमारी बात सुन लीजिए कि यदि रामायण पाठ करना ह...
- हो गया जन्मदिन | क्यों मोमबत्ती जलाई है, क्यों बुझाई है?...? ऐसा क्यों किया? क्यों तो आपने जलाई है और फिर अशुभ कार्य क्यों किया है? आपने पाश्चात्य सभ्यता ले ली न...
- हो गया स्नान?...? हाँ साहब! हो गया। अगर आप भी ऐसा ही स्नान करते हैं, ऐसा ही पवित्रीकरण करते हैं, पवित्रीकरण का ऐसा ही ...
- हो गया स्नान?...? क्यों साहब! हो गया। अगर आप भी ऐसा ही स्नान करते हैं, ऐसा ही पवित्रीकरण करते हैं, पवित्रीकरण का ऐसा ह...
- हो जाते हैं —— ‘महात्मा गाँधी नमः—महात्मा गाँधी नमः’ से और रुपये वाला?...? रुपये वाला घनश्यामदास बिरला नमः-घनश्यामदास बिरला नमः। अ ह ह ह! जप करने से सब मिल जाएगा! मूरख-मूरख! ह...
- हो जाते हैं?...? हाँ, बेटे हो जाते हैं। कैसे? संसार में तो नहीं हो सकते। कौआ तो कौआ ही रहेगा, कोयल-कोयल ही रहेगी, बगु...
- हो जाने दीजिए, हमें इससे क्या मतलब?...? अरे साहब! आपने इसे बनवाया था और हरेक को दिखाते थे कि देखो हमारा मकान कितना अच्छा है और अब कहते ह...
- हो जायें, नौकरी मिल जाये और हम बड़े विद्वान हो जायें, तो हम दुनिया में शान्ति पा सकते हैं?...? यह नामुमकिन है। विद्वान पर खोखला व्यक्ति साथियो! रावण बहुत विद्वान था। ज्यादा पढ़ा हुआ था। उसके पास क...
- हो भी कैसे सकता है?...? जिस देश में समाज को ऊँचा उठाने के लिए, मानव जाति की पीड़ा और पतन को दूर करने के लिए आदमी कुरबानी कर...
- हो सकता था?...? हाँ हो सकता था। कैसे हो सकता है? उपासना के सहारे। उपासना किसे कहते हैं? अध्यात्म को कहते हैं। उपासना...
- हो सकता होगा, तो हो भी सकता है और नहीं हो सकता है, तो इसमें क्या बात है?...? आप उसके लिए मुकाबले को तैयार हो जाइए। यह आपकी कसौटी है।
बेटे! हर भक्त की कसौटी होती आई है, आपकी नह...
- हो सकती है?...? हाँ हो सकती है। यह सम्भव है? हाँ, यह सम्भव है। कब सम्भव है? यह तब सम्भव है जब आप वाणी का संयम प्रारम्भ कर...
- हों जमा है, तो हमारा जमा कर लेते?...? नहीं बेटे, कोई चोर छीन ले जाएगा, इसलिए हम पैसे अपने पास नहीं रखते। क्यों साहब! बैंक में जमा नहीं किय...
- होंगी, लाखों शिष्य हैं, कोई कहाँ, कोई कहाँ?...? बोला कि मेरी धर्मपत्नी आपकी शिष्या है। मैंने कहा होगी। उसने ही मुझे भेजा है, आपसे काम की बात कहनी है...
- होगा किसी का, हमें क्या मतलब?...? हम तो हर गाने को अध्यात्म से जोड़ते हैं। उन्होंने कहा—मेरे पैरों में घुँघुरू बँधा दे, फिर मेरी चाल द...
- होगा कैसे नहीं?...? पानी के गिलास में आधा गिलास पानी आपके पास है, आप चाहें, तो यह कहिए कि आधा गिलास कम है और चाहे आप यह ...
- होगा तो कब होगा?...? वह नारद जी के सामने हाथ जोड़ने लगा और कहने लगा कि मैं तो वैसे ही छोटी बुद्धि का आदमी हूँ। आप तो बड़ी ब...
- होटल में भी रह सकते थे, परन्तु यही तो विचार करते हैं कि कल हम रहेंगे तो कहाँ रहेंगे?...? बुढ़ापे में जायेंगे तो कहाँ रहेंगे? हमारा कुटुम्ब कहाँ रहेगा?
इसलिए विचार करते हैं—कल की स...
- होमवर्क समय पर पूरा न होने पर कक्षा में?...?
उत्तर- वास्तविक कारण बताकर शिक्षक से क्षमा माँगेंगे। अगले दिन पूरा कर लाने का संकल्प बतायेंगे। खेलक...
- होली में आपने देखा नहीं है?...? बच्चे चारों तरफ जाते हैं और कूड़ा-करकट जमा कर लाते हैं तथा उसमें आग लगा देते हैं। धातुएँ जब पुरानी हो...
- ॐ हिरनाय नमः, ॐ हिरनाय नमः तो क्या हो जाएगा?...? सारे-के हिरन इकट्ठे होकर हाथ जोड़कर सामने खड़े हो जाएँगे। कहिए बाबूजी! क्या कहना है? आइए, आइए अब आपकी ...
- १-कौन सी वस्तु मनुष्य को महत्त्वपूर्ण काम नहीं करने देती?...? २-पाप और आन्तरिक दुर्बलताएँ किस तरह पतित करती हैं? ३-कष्ट साध्य रोगों का कारण क्या है? ४-दुष्कर्म और...
- १० —आत्मा को परमात्मा के रूप में परिणित करने का प्रत्यक्ष आनन्द कब व कैसे मिलता है?...? कथाएँ —— (१) आइजन हावर के राष्ट्रपति चुने जाने पर उन्हें बहुत से मित्रों प्रशंसकों ने उपहार दिये। ...
- २ —अध्यात्मवादी या देव जीवन किसे कहते हैं?...? ३ —भौतिकवादी जीवन को पशु जीवन क्यों कहते हैं? ४ —अध्यात्मवादी जीवन क्यों महत्त्वपूर्ण है? ५-जीवन में...
- २-पाप और आन्तरिक दुर्बलताएँ किस तरह पतित करती हैं?...? ३-कष्ट साध्य रोगों का कारण क्या है? ४-दुष्कर्म और कुविचार किस प्रकार प्रभाव डालते हैं? ५-पाप से छुटक...
- २० गज की चारपाई पर कैसे सोयेंगे?...? कितने फुट की चारपाई पर सोयेगा? छह फुट की चारपाई पर सोऊँगा। बस, छह फुट पर तो हम भी सोते हैं, गरीब भी ...
- २००० रुपये कहाँ से आएँगे?...? अब तो जेवर बेचकर रुपये चुकाने पड़ेंगे। लेकिन आइंदा के लिए जो सही में मजनू है, वही काबू में रहा आए और ...
- २४००० हजार जप कराने के लिए क्यों कहा?...? जप में हमको क्यों लगा दिया? आप रोज जप क्यों कराते हैं? बेटे! इसलिए जप कराते हैं कि कोई चीज हमारी खो ...
- २५०० किताबें भी लिखी हैं?...? हाँ बेटे! लिखी हैं तो कोई आपका स्टेनो है? नहीं बेटे! हमारा कोई स्टेनो नहीं है। कोई पी० ए० है आपका? न...
- ३ —भौतिकवादी जीवन को पशु जीवन क्यों कहते हैं?...? ४ —अध्यात्मवादी जीवन क्यों महत्त्वपूर्ण है? ५-जीवन में सदाचार, नम्रता, सादगी एवं साधना की क्यों आवश्...
- ३-कष्ट साध्य रोगों का कारण क्या है?...? ४-दुष्कर्म और कुविचार किस प्रकार प्रभाव डालते हैं? ५-पाप से छुटकारा कैसे मिल सकता है? ६-आत्मा को बल ...
- ४ —अध्यात्मवादी जीवन क्यों महत्त्वपूर्ण है?...? ५-जीवन में सदाचार, नम्रता, सादगी एवं साधना की क्यों आवश्यकता है? ६ —आध्यात्मिक जीवन के पाँच प्रमुख त...
- ४-दुष्कर्म और कुविचार किस प्रकार प्रभाव डालते हैं?...? ५-पाप से छुटकारा कैसे मिल सकता है? ६-आत्मा को बल किस प्रकार मिलता है? ७-प्रायश्चित के नाम फैली विकृत...
- ५-जीवन में सदाचार, नम्रता, सादगी एवं साधना की क्यों आवश्यकता है?...? ६ —आध्यात्मिक जीवन के पाँच प्रमुख तत्त्वों पर प्रकाश डालिये।...
- ५-पाप से छुटकारा कैसे मिल सकता है?...? ६-आत्मा को बल किस प्रकार मिलता है? ७-प्रायश्चित के नाम फैली विकृतियाँ बताओ? ८-आत्म शोधन का शुद्ध स्व...
- ५००० मन्दिरों की आमदनी और खर्चे का क्या ब्यौरा दिया जाय?...? दो मन्दिर एक से ही हैं मथुरा का द्वारकाधीश मन्दिर और वृन्दावन का रंगजी का मन्दिर। दोनों मन्दिर ऐसे ह...
- ५००० वर्ष पूर्व क्या उपासना थी?...? बताइए न आप।मित्रो! तब एक ही उपासना रही है हमारी। ब्रह्माजी को आकाशवाणी के रूप में वह मिली थी। वह था ...
- ६ लाख मन्दिरों की इमारती लागत कितनी होती है?...? मन्दिरों का खरच चलाने के लिए स्थायी फंड सर्वत्र हैं। किसी मन्दिर से कृषि लगी हुई है, किसी से मकान-जायद...
- ६-आत्मा को बल किस प्रकार मिलता है?...? ७-प्रायश्चित के नाम फैली विकृतियाँ बताओ? ८-आत्म शोधन का शुद्ध स्वरूप क्या है? ९-क्या सस्ते कर्मकाण्ड...
- ६६ वर्ष की हमारी जिन्दगी के ६६ वर्ष के पन्नों को पढ़कर देखिए कि क्या अध्यात्म मनुष्य के जीवन को सामर्थ्यवान बना सकता है?...? क्या आदमी को क्षमता सम्पन्न बना सकता है? क्या आदमी अपनी मुसीबतों को दूर कर सकता है? क्या वह अपनी म...
- ७ —दृष्टि दोष दूर करने के लिये क्या करना चाहिए?...? ८ —दृष्टि शोधन से क्या समझते हो? ९-मितव्ययिता एवं ईमानदारी क्यों आवश्यक है? १० —आत्मा को परमात्मा के...
- ७-प्रायश्चित के नाम फैली विकृतियाँ बताओ?...? ८-आत्म शोधन का शुद्ध स्वरूप क्या है? ९-क्या सस्ते कर्मकाण्ड प्रायश्चित की आवश्यकता पूरी करते हैं? १०...
- ८ —दृष्टि शोधन से क्या समझते हो?...? ९-मितव्ययिता एवं ईमानदारी क्यों आवश्यक है? १० —आत्मा को परमात्मा के रूप में परिणित करने का प्रत्यक्ष...
- ८-आत्म शोधन का शुद्ध स्वरूप क्या है?...? ९-क्या सस्ते कर्मकाण्ड प्रायश्चित की आवश्यकता पूरी करते हैं? १०-आत्म की ईश्वरीय व्यवस्था की जानकारी ...
- ८० वर्ष के हो जाएँ तो भी जवान?...? गाँधी जी ८० वर्ष के हो गए थे और ये कहते थे कि मैं तो १२० वर्ष जिऊँगा। ४० वर्ष वे और जीना चाहते थे। व...
- ८० वर्ष के हो जाएँ तो भी जवान?...? गाँधी जी ८० वर्ष के हो गए थे और ये कहते थे कि मैं तो १२० वर्ष जिऊँगा। ४० वर्ष वे और जीना चाहते थे। व...
- ९-क्या सस्ते कर्मकाण्ड प्रायश्चित की आवश्यकता पूरी करते हैं?...? १०-आत्म की ईश्वरीय व्यवस्था की जानकारी दो। कथाएँ —— (१) वृद्धावस्था के कारण एक बूढ़े के हाथ पाँव का...
- ९-मितव्ययिता एवं ईमानदारी क्यों आवश्यक है?...? १० —आत्मा को परमात्मा के रूप में परिणित करने का प्रत्यक्ष आनन्द कब व कैसे मिलता है? कथाएँ —— (१) आइ...
- ९९ मन क्यों देते हैं?...? अरे बाबा! हमारे बाल-बच्चे भी तो हैं। दुकान का किराया भी तो देते हैं। फिर हम भी किसलिए बैठे हैं? हमने...
- ‘इण्डियन एक्सप्रेस’ के सम्पादक का नाम बताइये?...? गुरुजी! हमें नहीं मालूम। ‘हिन्दुस्तान टाइम्स’, ‘नवभारत टाइम्स’ छपता है। उसके सम्पादक का नाम बताइये...
- ‘कर्मयोग’ क्या है?...? सैद्धान्तिक, भावनात्मक और बौद्धिक-इन तीनों का जब समन्वय हो जाता है, तो हमारे व्यवहार में और आचरण म...
- ‘कुण्डलिनी’ किसे कहते हैं?...? कुण्डलिनी-विवेकशीलता को कहते हैं—दूरदर्शिता को कहते हैं। विवेकशीलता मेरी उसी दिन जग गयी और मैंने देख...
- ‘क्व काचः’, ‘क्व मणिर्महान्’—मणि की कीमत कहाँ और काँच की कीमत कहाँ?...? दोनों की कीमत की तुलना कहाँ हो सकती है? देवताओ! तुम मुझे ठगने के लिए आये हो, लेकिन मैं कथा का लाभ आप...
- ‘जिसकी लाठी उसकी भैंस’ का, ‘सर्वाइवल आफ दी फिटेस्ट’ का सिद्धान्त सही और स्वाभाविक ठहराये जाने पर मानवी सभ्यता की कैसी दुर्दशा हो सकती है?...? मनुष्य की बुद्धि उन मान्यताओं को अपनाकर किस सीमा तक अनाचरण पर उतर सकती है? इसकी आज तो एक झाँकी भर मि...
- ‘तत्’ किसे कहते हैं?...? ‘तत्’ कहते हैं—किसी दूर पर रहने वाली चीज के लिए इशारा करते हैं और अँगुली से कहते हैं—वह। ‘तत्’ का यह...
- ‘तीर्थ’ शब्द याद करके कितना आनन्द आता है, कितनी प्रसन्नता होती है?...? प्राचीनकाल में तीर्थ जब अपने वास्तविक स्वरूप में रहे होंगे, तब कितना आनन्द आता होगा? वहाँ जाने के बा...
- ‘पॉली’ कौन है?...? पॉली हमारा तोता है। कहाँ है? जरा हमको दिखाना? उसने दिखाया। पॉली को उसने बहुत सी बातें याद कराकर ...
- ‘प्रचोदयात्’ ‘द’ का उच्चारण कराइए किसी से?...? जो आदमी रोमन जानते हैं, उनसे आप कहिए बोलिए—‘त’। ‘त्’ नहीं बोलेंगे ‘ट’ ही बोलेंगे। सारे-के प्रोननसिएश...
- ‘प्रजाम’ प्रजा के लिए क्या कहेंगे?...? अभी तो आपसे कह चुके हैं। कितनी प्रजा है हमारी? अभी हमारी बेटे दस लाख प्रजा है और इस रजत जयन्ती वर्ष ...
- ‘भर्गो’ क्या है?...? संस्कृत के हिसाब से ‘भर्गो’ शब्द के बहुत से अर्थ होते हैं, पर मैं आपको एक छोटा सा अर्थ बता सकता ...
- ‘मैं’ को चढ़ाते हैं और मियाँ जी बकरीद के दिन क्या खाते हैं?...? उसी को खाते हैं—‘‘’मैं’ —‘‘मैं’’ को खाते हैं। बेटे, बकरा तो भगवान का प्राणी है। कुत्ता मार डालेग...
- ‘यह कैसे हुआ?...? ’
घर में सब से बातचीत की तो पता चला जिस क्षण गुरुवर ने पता ठिकाना नोट किया था, उसी क्षण से उनमें चे...
- ‘लाइफ’ कहाँ से आ गई धरती पर?...? सूरज से। कीड़े-मकोड़े, जीव-जन्तु, इनसान सभी इन्हीं दोनों के ‘काम्बिनेशन’ से पैदा हुए हैं। पृथ्वी और सू...
- ‘वरेण्यं’ किसे कहते हैं?...? ‘वरेण्यं’ कहते हैं चुनाव को, वरण करने को। दो में से एक को चुन लिया। इस दुनिया में सब चीजें मिली- ज...
- ‘वरेण्यं’ क्या है?...? वरेण्यं है—श्रेष्ठ का चुनाव, वरण कर लेना। ब्याह शादियों में जैसे वरण कर लेते हैं। पण्डित का वरण कर ले...
- ‘वह’ से क्या मतलब है?...? ‘यह’ और ‘वह’ दो शब्द हैं। ‘यह’ जो है- प्रत्यक्ष है और ‘वह’ जो है- परोक्ष है। परोक्ष माने मरणोत्तर ...
- ‘संकल्प शक्ति’ किसे कहते हैं?...? ‘संकल्प शक्ति’ उसे कहते हैं, जिसमें कि ये फैसला कर लिया जाता है कि हमको ये तो करना ही है। ये हर हाल ...
- ‘सादा जीवन—उच्च विचार’ वाला उपक्रम अपनाने से किसी पर क्या इतना बोझ लदता है, जिसे कठिन या असम्भव माना जाए?...? अपनी इस भूल का सुधार कर लेने भर से दुखदाई दरिद्रता से आधा निजात मिल सकता है।...
- ‘‘अपना खाने’’ के नाम पर निर्वाह लेने वालों से श्रेष्ठ क्यों न बनें?...? कुछ लोग इस कारण काम ही नहीं करते। इस असमंजस के पीछे कोई सिद्धान्त काम नहीं करता है मात्र अहंकार ही उ...
- ‘‘अभी और’’ कभी पूरा होगा क्या?...? नहीं, कभी पूरा नहीं हो सकता। आदमी जानता है कि इन चीजों की हमको जरूरत नहीं है। इसके बिना भी हमारा...
- ‘‘आत्मवत् सर्वभूतेषु’’ और ‘‘वसुधैव कुटुम्बकम्’’ यह दो ही सिद्धान्त ऐसे हैं, जिन्हें अपना लिए जाने के उपरान्त तत्काल यह सूझ पड़ेगा कि इन दिनों किन अवांछनीयताओं को अपनाया गया है और उन्हें छोड़ने के लिए क्या साहस अपनाना पड़ेगा, किस स्तर का संघर्ष करना पड़ेगा?...? मनुष्य की सामर्थ्य अपार है। वह जिसे करने की यदि ठान ले और औचित्य के आधार पर अपना ले तो कोई कठिन कार्...
- ‘‘कहाँ रहते हैं?...? ’’ ‘‘भीलवाड़ा’’ उस समय गुरुदेव कमरे में ही अपने दोनों हाथ पीछे की ओर बाँधे टहल रहे थे, उन्होंने कागज ...
- ‘‘कामये दुःखतप्तानाम् प्राणिनां आर्त्तनाशनम्’’-संसार में जितने भी दुःखी प्राणी हैं, पिछड़े हुए लोग हैं, उन्हें ऊँचा उठाने, आगे बढ़ाने के लिए, सेवा करने की जो वृत्ति है, वह स्वर्ग नहीं है क्या?...? हाँ, वह स्वर्ग है। अगर हमारी यह भावना रही होती, यह मनोवृत्ति रही होती, तो हमको स्वर्ग मिल गया होता औ...
- ‘‘कुण्डलिनी जागरण से गधे का क्या ताल्लुक?...? ’’ गुरुजी की ओर हैरानी से देखता रहा।
फिर गुरुजी ने कहा-‘‘और बकरा।’’ वह व्यक्ति गधे व बकरे के वजन उठ...
- ‘‘क्या करते हैं सम्राट?...? कहाँ जाते हैं?’’ यद्यपि युद्ध प्रारम्भ होने के पूर्व ही उन्होंने इस तथ्य की स्पष्ट घोषणा कर दी थी कि...
- ‘‘क्या पहचान है, इन भावों के जगने की?...? ’’‘‘उदार आत्मीयता, अपनत्व का विस्तार, फिर कोई पराया नहीं रह जाता। दूसरों की तकलीफें स्वयं को निष्क्र...
- ‘‘क्या मुझे फजीहत कराने भेजा था?...? ’’ बहुत झल्लाया।
गुरुजी शान्त रहे। जब मेरा गुस्सा ठंडा हुआ। मैं अपनी पूरी बात कह चुका तो उन्होंने श...
- ‘‘क्या मौसा जी?...? कुछ अच्छो ना लागत है। लड़को को ब्याह है, कुछ झालर-वालर तो होना ही चाहिए।’’
गुरुदेव ने उनकी बात सुनी ...
- ‘‘नया इंसान बनाएँगे, नया संसार बसाएँगे, नया भगवान् उतारेंगे’’ के उद्घोष किसी आवेशग्रस्त केन्द्र से ही उभर सकते हैं, अन्यथा साधारण जनता के लिए तो ऐसी दावेदारी ‘‘सनक’’ के अतिरिक्त और कुछ क्या कही-समझी जा सकती है?...? विवेचना भर पर्याप्त नहीं, सोचना उस विस्तरण के सम्बन्ध में भी पड़ेगा, जो मत्स्यावतार का, प्रज्ञावतार ...
- ‘‘नया मन्दिर बनेगा, खण्डहरी दीवार तोड़ो तुम’’—यह गीत लड़कियाँ गाती रहती हैं, आपने सुना नहीं है?...? भगवान के जब अवतार होते हैं तब एक ही काम नहीं करते, मात्र धर्म की स्थापना करते हुए नहीं आते, वरन् अनी...
- ‘‘पर किस तरह?...? ’’ अब वाणी में उल्लास था। ‘‘अन्दर के दिव्यभावों को जगाकर। उन्हें जीवन के सक्रिय क्षेत्र अर्थात् आचरण...
- ‘‘प्रथम हिमालय यात्रा कैसी सम्पन्न हुई?...? ’’ इसके उत्तर में कहा जा सकता है कि परिस्थितियों के अनुरूप मन को ढाल लेने का अभ्यास भली प्रकार कर लि...
- ‘‘मनुष्य-मनुष्य के बीच क्या परदा?...? परदा तो आँखों का होता है। शिष्ट व्यक्ति शालीन वैसे भी रहता है अन्यथा घूँघट से शर्म ढकी नहीं रह सकती ...
- ‘‘मैं क्या हूँ?...? ’’ इस मर्म को यदि वह किसी दिन समझ पाए, तो जाने कि मैंने अपने बारे में कितनी गलत धारणा बना रखी थी।लोग...
- ‘‘यह क्या है?...? ’’
बालक- ‘‘गुलाब का फूल।’’
प्रशिक्षक- ‘‘सच्चा है या बनावटी?’’
बालक- ‘‘बनावटी।’’
प्रशिक्षक- ‘‘अच्छा! ...
- ‘‘लेकिन’’ इसमें गोबर है-सेठ बोला-इससे खीर खराब नहीं हो जायेगी?...? तथागत हँसे बोले वत्स! अपने को शुद्ध न करो तो ईश्वर प्रकाश मनुष्य में आकर भी उसे आनन्द नहीं दे सकता। ...
- ‘‘वर्क इज वर्शिप’’ अर्थात् काम कब पूजा बनता है?...? जब उसको तबियत से किया जाय, यह मानकर किया जाय कि हम अपनी जिम्मेदारियों को पूरा करने के लिए काम कर...
- ‘‘ॐ भूर्भुवः स्वः’’- इन शब्दों को आप समझ लें, तो क्या होगा?...? तो आपको ब्रह्मज्ञान हो जायेगा। यह क्या है? यह ब्रह्मविद्या है। ‘ॐ भूर्भुवः स्वः’ ब्रह्मविद्या है। ...
- ’’ गुरुजी बोले, ‘‘गुरुजी तो सामने बैठे हैं, पीछे से तुझे उठा ले गया तो मैं क्या करूँगा?...? ’’ और हम सब हँसने लगे।गुरुजी का बच्चा गुरुजीमेरा छोटा बेटा सिद्धार्थ 3-4 वर्ष का था। उन दिनों हम लोग...
- " "किससे खरीदा है?...? " उन्होंने कहा—"मैंने लिया प्रेम तराजू तोल।" अरे, मैंने तो प्रेम की तराजू में कृष्ण को तोल लिया और ...
- " "क्या उनकी कलाइयाँ ऐसी मोटी थीं?...? " उसने कहा—"हाँ बेटे! ऐसी ही थीं।" "क्या हमारे बुजुर्गों के गले और गरदन इसी तरह मोटे थे?" उसने कहा—...
- " "क्या उनकी पेशानी और सीने ऐसे ही थे?...? " उसने कहा—"हाँ, हमारे बुजुर्गों की पेशानी (मस्तक) और सीने ऐसे ही जबरदस्त थे।" वे जैसे थे, वैसे ही ...
- " "क्या दुर्घटना हो गई?...? " "एक बहुत बड़ा व्यक्तित्व दुनिया में आया और चला गया। बेचारा भूल गया, गुमराह हो गया कि उसको क्या कर...
- " "क्या हमारे बुजुर्गों के गले और गरदन इसी तरह मोटे थे?...? " उसने कहा—"हाँ बेटे! ऐसे ही थे।" "क्या उनकी पेशानी और सीने ऐसे ही थे?" उसने कहा—"हाँ, हमारे बुजुर्...
- " "हमको कब तक ठहरना पड़ेगा मम्मी?...? " "जब तक कि आपके कपड़े नहीं धोए जाएँगे, जब तक कि आपका शरीर नहीं धोया जाएगा। जब तक धो नहीं लेंगे, तब...
- " अरे सागर में रह करके भी—समुद्र में रह करके भी मछली प्यासी है तो उस मछली को क्या कहेंगे?...? दुर्भाग्यशाली कहेंगे, जो ज्ञान के अथाह सागर के समीप ही बैठा रहा और जरा भी उसने ज्ञान का पान नहीं कि...
- " अरे, मैंने तो प्रेम की तराजू में कृष्ण को तोल लिया और यह तेरा कौन है?...? यह मेरा सब कुछ है। कौन? कृष्ण मेरा सब कुछ है। उस कृष्ण के लिए मारी-मारी फिरी थी। कहाँ आपका राजस्थान...
- " अर्जुन ने कहा—"मैं रास्ता भूल गया तब?...? " तब उन्होंने कहा—'मैं तेरे घोड़े चलाऊँगा।" भगवान आगे-आगे रथ चलाते हुए चले गए और अर्जुन गाण्डीव से ...
- " अर्जुन ने कहा—'मैं थक गया तब?...? " श्रीकृष्ण ने कहा—"मैं तुझे थकने नहीं दूँगा।" अर्जुन ने कहा—"मैं रास्ता भूल गया तब?" तब उन्होंने क...
- " अर्जुन ने कहा—मैं थक गया तब?...? " श्रीकृष्ण ने कहा—"मैं तुझे थकने नहीं दूँगा।" "मैं रास्ता भूल गया तब" तब उन्होंने कहा—"मैं तेरे घो...
- " आपको पता है कि फिर पार्वती जी ने क्या कहा?...? उन्होंने कहा—
जन्म कोटि लगि रगर हमारी।
बरई संभुन त रहउँ कुआरी॥
एक जन्...
- " उन्होंने कहा कि आपने पहले नहीं सोचा था?...? उन्होंने कहा कि पहले जो गलती हमने की है, वह गलती तुम्हें नहीं करनी चाहिए। तो यह सबक हमारे बच्चों को...
- " उन्होंने कहा कि फिर हम क्यों पहलवान नहीं बन सके और आप कैसे पहलवान बन गए?...? मात्र कसरत नहीं, कुछ और विशेष
पहलवान ने कहा कि आपने जो चीज आँखों से देख ली, उसे तो नकल कर ल...
- " उन्होंने कहा—"आपके लिए इस एक पैसे की कीमत कुछ नहीं है, लेकिन जिस आदमी ने अपना पेट काट करके इस जिम्मेदारी से मुझे दिया था, कि मेरे पैसे का सही इस्तेमाल होगा, उसको अब मैं क्या जवाब दूँगा?...? आप यह बताइए कि जिसने यह समझकर दिया था कि गाँधी इस पैसे का ठीक से इस्तेमाल करेगा और मैं ठीक इस्तेमाल...
- " उन्होंने कहा—"तुम लाओगे?...? " हाँ, माँ! तुम्हारा जितना फर्ज और कर्तव्य अपने पति के लिए है और आप भी मेरी माँ हैं, तो ये भी मेरे ...
- " उन्होंने कहा—"तेरी पूर्ति नहीं हो पाती होगी, सो यह धन ले जा?...? " रैक्य ने कहा—"महाराज जी! मुबारक हो आपके दान को। मेरे लिए तो मेरी झोंपड़ी और मेरे जो खेत हैं, वही ...
- " उन्होंने कहा—"बेटे, हम क्या कर सकते हैं?...? तुम्हारे हिस्से में ढाई रुपया आता है, उससे तुम खाना-पीना-पढ़ना, जो चाहो कर सकते हो।" ढाई रुपया महीन...
- " उसने कहा—"आपने तब क्यों नहीं कहा—"जब मैं पहले आया था?...? " उन्होंने कहा "देख! मैं आज आशीर्वाद देने में समर्थ हूँ; क्योंकि मैंने एक सप्ताह से गुड़ नहीं खाया।...
- " उसने कहा—"कुल्हाड़ी ऐसी कौन-सी बड़ी चीज है?...? तेरी कुल्हाड़ी लोहे की है?" लकड़हारे ने कहा—"आपके लिए तो लोहे की है, पर मेरे पास तो पैसे नहीं हैं। ...
- " उसने कहा—"मालूम नहीं, यह क्या करते रहते हैं?...? कुछ सूत-सा कातते रहते हैं, ऐसा मालूम पड़ता है। सरकार से कुछ मिलता रहता है, उससे न जाने क्या करते रह...
- " उसने जो पुस्तक लिखी, उससे समस्त अमेरिका में जो आग फैली, तो उससे तहलका मच गया कि गोरे और काले का भेद कैसे रह सकता है?...? और जिस दिन स्वाधीनता मिली, तो उसको टेबल पर खड़ा कर दिया कि यही वो नाटी-सी औरत है। जिसने कि मिट्टी म...
- " कमाल दिखाइए, क्या दिखा सकते हैं?...? लोगों ने देखा कि चारों तरफ जेलखाना है। इतनी बड़ी ऊँची दीवार है। चारों तरफ बन्दूकवाले सिपाही खड़े हैं...
- " किसी तरीके से आप चालाकी और जालसाजी से दूसरों का सम्मान पा भी लें, सहयोग पा भी लें तो वह कब तक टिकेगा?...? वह ठहर नहीं सकता, खतम हो जाएगा।
चालाकियों में और सब बात अच्छी है, पर यह खराबी भी है कि वे देर त...
- " कुत्ते तो स्वर्ग में नहीं जाते, केवल आप ही चल सकते हैं?...? कुत्ता नहीं जाएगा, तो हम भी नहीं जा सकते। आप अपना विमान वापस ले जाइए। विमान वापस चला गया। दोबारा जब...
- " क्या ऐसा होना सम्भव है?...? हाँ, ऐसा सम्भव है। आदमी अपने श्रेष्ठ गुण, श्रेष्ठ विचार, श्रेष्ठ आचरण लेकर के जहाँ कहीं भी रहेगा, वह...
- " क्या माँगने आया?...? माँ मैं शक्ति माँगने आया, भक्ति माँगने आया, शान्ति माँगने आया। देवी खिल-खिलाकर हँसी और उसको आशीर्वाद...
- " क्या हमारी आँखों के ज्ञान की ज्योति बुझ चुकी है?...? क्या उपरोक्त कथन से स्पष्ट नहीं होता कि जीवन धन अमूल्य है, बहुमूल्य है तथा अखिल ब्रह्माण्ड की किसी ...
- " छछूंदर कौन?...? हम और आप जहाँ कहीं भी जाएँगे, छछूदरपन फैलाएँगे और उसके ऊपर गन्दी छाप छोड़कर आएँगे।...
- " तब फिलॉसफर ने उससे पूछा—"कितनी उम्र है तेरी?...? " उसने कहा—"सत्तर साल।" बस, सत्तर साल का ही है तू? हाँ साहब! फिलॉसफर ने कहा—"अरे अभी क्या है? भगवान...
- " तो उन्होंने कहा—"क्या आपको मेरे ऊपर विश्वास नहीं है?...? इस उपासिका के लिए, इस पुजारिन के लिए जो भी मेरा आराध्य मुझे देगा, भर-भर झोली उसे लूँगी और उस याद को...
- " तो फिर हम किससे अच्छे हो गए?...? आप अच्छे हो गए अपने पसीने से। पसीना बहाने के लिए आपको चलना पड़ा और चलने से आपकी सेहत अच्छी हो गई। प...
- " बच्चे के मुँह से फिर प्रश्न उभरा—"फिर आपने और पापा जी ने व्रत क्यों नहीं किया?...? " उत्तर में लाला जी ने सुदूर, अतीत का स्मरण कराते हुए कहा "बेटा! हर भारतीय नारी में श्रेष्ठता के सं...
- " बस, सत्तर साल का ही है तू?...? हाँ साहब! फिलॉसफर ने कहा—"अरे अभी क्या है? भगवान ने मनुष्य की उम्र सौ वर्ष बनाई है। तीस साल अभी तेर...
- " यह कौन कह रहा है?...? बगदाद की जमीला कह रही है।
हज कबूल हुआ
खुदाबन्द करीम के यहाँ मीटिंग बैठी। हर साल खुदा...
- " यह संस्कार किसने दिए थे?...? यह संस्कार कुन्ती ने दिए थे। कुन्ती ने पाँचों पुत्रों को श्रेष्ठ संस्कार दिए थे। तीन बच्चे कुन्ती क...
- " वह बोला—"हम इस सन्त को क्या दे सकते हैं?...? " उसकी माँ बोली—"बेटा! यह मत कहना कि घर में कुछ नहीं है। मेरे पास अभी कुछ है।" घर में एक काशीफल रखा...
- " शृंगी ऋषि ने जब उनसे यह पूछा कि हम तो अट्ठाईस वर्ष के हो गए और हमारी दाढ़ी-मूँछें आ गईं, फिर आप लोगों की दाढ़ी-मूँछें क्यों नहीं आईं?...? उन्होंने कहा कि हम जिस गुरुकुल में पढ़ते हैं, वहाँ बहुत ठंढक पड़ती है। इस वजह से वहाँ मूँछें बहुत ब...
- ' ये सब क्या है?...? स्त्रीलिंग है या पुलिंग है? फिर क्या बात है? हिन्दू समाज की परम्परा के अनुसार इसे माता और पिता की...
- ' "तुम हमारे घर चलोगे?...? ' "हमारे बेटे बनोगे?' आदि बातें बेतुकी-सी हैं और नन्हे बच्चों पर इन प्रश्नों का अच्छा प्रभाव नहीं प...
- ' "हमारे बेटे बनोगे?...? ' आदि बातें बेतुकी-सी हैं और नन्हे बच्चों पर इन प्रश्नों का अच्छा प्रभाव नहीं पड़ता।...
- ' 'भला तुझ से कोई अच्छे काम की आशा की जा सकती है?...? " आपके इस प्रकार कहने से बच्चे का विश्वास हिल जाता है। बच्चे के विषय में अपनी ऐसी राय प्रकट करके आप...
- ' अच्छा बता, तीन चम्मच से तू कैसे नहा लेगा?...? इस चम्मच से या तो तू नहा ले या अपने बच्चे को नहला ले। जब तेरा बच्चा नहा लेगा, तब हम जानेंगे कि भगवा...
- ' अच्छा बेटे, तो यह बता कि जब कुल्ला करता है तो कितना पानी खरच कर देता है?...? महाराज जी, एक लोटा तो खरच हो ही जाता है, हाथ-मुँह धोने और कुल्ला करने में। अच्छा तो अब तू ही बता कि...
- ' अर्थात पीसने वाले के हाथ में मेहँदी का रंग आ जाता है, कोयले की दलाली करने वाले के हाथ काले हो जाते हैं और सुगन्ध की दुकान खोलने वाले के कपड़े खुशबूदार हो जाते हैं, तो आपको क्यों नहीं फायदा मिलेगा?...? फायदा होगा। क्या फायदा होगा यह बात इस समय हम नहीं बताते।...
- ' इस पर उस युवक ने आश्चर्य से पूछा—'क्यों?...? ' अध्यापक ने उत्तर दिया—'इसलिए कि तुम्हारी पैतृक सम्पत्ति से एक हजार रुपया मासिक की आमदनी घर बैठे ह...
- ' इसके विपरीत कहना इस तरह चाहिए कि 'अपनी दीदी जी को बुला लाइये' 'अपने दद्दा, बड़े भाई साहब या दादाजी को आवाज दीजिए' 'जरा देखकर आइए कि आपकी माताजी क्या कर रही हैं?...? ' कहने का तात्पर्य यह है कि इस प्रकार निर्देश देने से उसमें आदर की भावना ताजी हो उठेगी और उन्हीं शब...
- ' क्या मतलब है?...? हम अपना श्रम, अपना पसीना लगाएँगे भगवान के लिए, श्रेष्ठ कामों के लिए। समाज, लोक-मंगल, विराट ब्रह्म क...
- ' तुम्हारे छोटे भैया को ले जाएँ?...? ' "तुम हमारे घर चलोगे?' "हमारे बेटे बनोगे?' आदि बातें बेतुकी-सी हैं और नन्हे बच्चों पर इन प्रश्नों ...
- ' फिर हनुमान जी हो पाते?...? नहीं, फिर हनुमान-हनुमान नहीं हो पाते। अच्छा साहब! भीष्म पितामह जी! जरा आप बताइए, यह क्या चक्कर है? ...
- ' बेकार की बात मत कर, किसे करा रहा है स्नान?...? स्नान की जो वृत्ति, जो भावना है, उसके पीछे रहस्य छिपा है कि हम पहले स्वयं अपनी सफाई करेंगे, अन्तरंग ...
- ' माँ कभी आँचल से हटाती है क्या?...? वह कभी नहीं हटाती। उसकी तो आँचल की छाया हर समय बनी रहती है। उसके तो वरदहस्त ऐसे बने रहते हैं कि बस,...
- ' ये किसके लिए कह रहा है?...? अपने लिए। तो अपने लिए मत कह, क्योंकि ईश्वर का अंश जो जीव है, वह तो जगा हुआ होता है—'उत्तिष्...
- '' कौन सा भगवान?...? यह विराट भगवान जो चारों ओर समाज के रूप में विद्यमान है। इसके लिए तुम अपने श्रम, समय और शरीर को खरच ...
- '' क्या ऐसा होना सम्भव है?...? हाँ ऐसा सम्भव है। आदमी अपने श्रेष्ठ गुण, श्रेष्ठ विचार, श्रेष्ठ आचरण लेकर के जहाँ कहीं भी रहेगा, वहा...
- '' तो फिर क्या माँगने आया?...? माँ, मैं भक्ति माँगने आया, शक्ति और शान्ति माँगने आया। ये क्या चीजें थीं? गुण और पहले क्या माँगने आय...
- ''कौन सा समय है, मेरे मित्र कौन हैं, शत्रु कौन हैं, कौन सा देश (स्थान) है, मेरी आय-व्यय क्या है, मैं कौन हूँ, मेरी शक्ति कितनी है?...? इत्यादि बातों का बराबर विचार करते रहो।'' सभी विचारकों ने ज्ञान का एक ही स्वरूप बताया है, वह है ''आत...
- ''वसुधैव कुटुम्बकम्'' की मान्यता क्या है?...? ''आत्मवत् सर्वभूतेषु'' की है। ''आत्मवत् सर्वभूतेषु'' क्या है? एक ही है कि आप दूसरों की मुसीबतों में...
- (१) अनेक रूपों में नर और नारी के बीच का सम्बन्ध हमारे भारतवर्ष में किस तरह का माना जाता रहा है?...? (२) वासना की चर्चा क्या सामाजिक जीवन में करना उपयुक्त होगा? (३) वासना की चर्चा की चर्चा सामाजिक जीव...
- (१) अपराधों की वृद्धि के दुष्परिणाम लिखो?...? (२) व्यक्तिगत सदाचार और सामाजिक कर्तव्य क्यों आवश्यक हैं? (३) सिद्ध करो अपराध व्यक्ति के लिए स्वयं ...
- (१) आज राष्ट्र की प्रमुख समस्या एवं चिन्ता की बात क्या है?...? (२) खाद्य समस्या को हल करने में प्रत्येक परिवार क्या योगदान दे सकता है? (३) शाकों का उपयोग अन्न से ...
- (१) आर्थिक कठिनाई हम क्यों उठा रहे हैं?...? (२) आर्थिक कठिनाई की समस्या को हल करने के लिए क्या करना होगा? (३) जापान के आधार पर समझायें कि उन्नत...
- (१) कला एवं संगीत का मुख्य प्रयोजन क्या है?...? (२) आजकल कला का दुरुपयोग अधिक हो रहा है, सदुपयोग क्यों नहीं कारण सहित समझाएँ? (३) प्राचीनकाल में कल...
- (१) क्या यह उचित है कि जिस तरह अविकसित जीव परस्पर दुर्व्यवहार करते हैं, हमें भी करना चाहिए?...? (२) धर्म अध्यात्म और दर्शन का क्या प्रयोजन है? (३) घोड़े, गधे तथा अन्य सवारी में काम आने वाले तथा वज...
- (१) गायत्री और यज्ञ इन दोनों का भारतीय संस्कृति के साथ क्या नाता है?...? (२) शास्त्रकारों ने गायत्री जी के कितने मुख बताये हैं तथा इनके लाभ प्राप्त करने की क्षमता किसमें है...
- (१) गीता के रहस्यवाद से क्या समझते हो?...? मानव के आन्तरिक शत्रु कौन-कौन से हैं? (२) अनीति को रोकने के लिए कठोर कदम उठाना क्यों आवश्यक है? (३)...
- (१) तुलसी के पत्तों का उपयोग पूजा में क्यों किया जाता है?...? (२) तुलसीदल के सेवन से क्या लाभ होता है? (३) हर घर में तुलसी का पौधा क्यों होना चाहिए? (४) तुलसी को...
- (१) दहेज तथा शादियों का असह्य अपव्यय समाज को अधःपतन की ओर किस प्रकार ले जा रहा है?...? (२) पहले शादियों पर अपव्यय होने के क्या कारण थे? (३) अब अपव्यय करने पर समाज हमसे किस प्रकार बरताव क...
- (१) देवता की परिभाषा कीजिये?...? (२) देव-पूजन के समय उनके स्वागत सम्मान के लिए वस्तुओं का उपयोग किया जाना चाहिए? (३) बलिदान की प्रचल...
- (१) नारी का सम्मान क्यों किया जाना चाहिए?...? (२) विदेशियों ने हमारे सांस्कृतिक मूल्यों को किस प्रकार गिराया? (३) भारत में नारियों की वर्तमान अवस...
- (१) निकट भविष्य में यदि हमें अपने समाज को समुन्नत देखना है तो हमें क्या करना चाहिए और किस तरह करना चाहिए?...? (२) मनुष्य की प्रगति किन गुणों पर अवलम्बित है तथा दुर्गुणी व्यक्ति किस प्रकार भिन्न कहे जा सकते हैं...
- (१) पशु और मानव दोनों की प्रगति अधिक अन्तर क्यों है?...? सामाजिक आधार पर समझायें। (२) सहकारिता की प्रवृत्ति में आध्यात्मिक आदर्श किस प्रकार जुड़े हुए हैं? (३...
- (१) प्रजातन्त्र का क्या अर्थ है तथा इस प्रणाली में शासन तंत्र कैसे तंत्र कैसे चलना है?...? (२) हमारे शासन तंत्र में अपेक्षित कार्य-कुशलता न होने का क्या कारण है? (३) प्रतिनिधि कैसे चुना जाना...
- (१) प्रमुख नव पर्वों के नाम बताइये (२) प्रत्येक पर्व की विशेषता एवं महत्त्व पर प्रकाश डालिए (३) प्रमुख १० संस्कारों के नाम बताइये (४) प्रत्येक संस्कार की उपादेयता पर प्रकाश डालिए (५) पर्व और त्यौहार मनाने के पीछे हमारा क्या प्रयोजन होता है?...? (६) पर्वोत्सव एक वरदान है-सिद्ध कीजिए। (७) पर्व और त्यौहार समाज शिक्षण की आवश्यकता किस प्रकार पूरी ...
- (१) बदले हुए जमाने में विवाह पर अधिक खर्च करना अनुचित है-सिद्ध करें?...? (२) दहेज की प्रथा ने अभिभावक को बेईमान बना दिया है क्यों? (३) विवाह की कुरीतियों पर प्रकाश डालें तथ...
- (१) बाल-विवाह के आधार पर सिद्ध कीजिए कि हम अभी तक पिछड़े हुए हैं?...? (२) शारदा एक्ट तथा दूसरे बाल-विवाह विरोधी कानून क्यों प्रभावहीन हैं? (३) बाल-विवाह में मानसिक एवं श...
- (१) भगवान के मन्दिरों की स्थापना करने का मुख्य प्रयोजन क्या है?...? (२) आस्तिकता से क्या तात्पर्य होता है? (३) आस्तिक मनुष्य समाज को किस तरह लाभ पहुँचाता है? (४) मन्दि...
- (१) भारत में गौ पालन का क्या महत्त्व है?...? (२) गाय का दूध सर्वश्रेष्ठ क्यों माना जाता है? (३) सिद्ध कीजिए कि गौ-रस सर्वांगपूर्ण परिपुष्ट आहार ...
- (१) भारतवर्ष में धर्मजीवियों की संख्या कितनी है?...? (२) धर्मजीवियों के कर्तव्य क्या हैं? (३) प्राचीनकाल के साधु-ब्राह्मणों की आज के साधु-ब्राह्मणों से ...
- (१) मनुष्य की महानता और निकृष्टता किस तरह उसकी मनः स्थिति पर आधारित है?...? (२) विचार किस तरह मनुष्य के लिए उपयोगी हैं? (३) इस समय जो प्रगति की विविध-विध चेष्टाएँ की जा रही है...
- (१) मानव जाति का उज्ज्वल भविष्य नारी का स्तर ऊँचा उठाये जाने पर निर्भर है?...? (२) आजकल लड़कियों को शिक्षा दिलाना क्यों आवश्यक हैं? (३) आज का युवक अपनी पत्नी को किस प्रकार धोखा दे...
- (१) मृतक भोज के कारण एवं प्रयोजन पर प्रकाश डालिए?...? (२) भारतीय आदर्श क्या रहा है? (३) हरामखोरी से क्या हानि है? (४) आत्मा की सद्गति कैसे होती है? (५) म...
- (१) युग की अशान्ति, आशंका एवं असन्तोष का मूल कारण क्या है?...? (२) वर्तमान नारकीय वातावरण को स्वर्गीय सुषमा में कैसे बदला जा सकता है? (३) मानवीय सुख-शान्ति बढ़ाने ...
- (१) योग की परिभाषा बताओ?...? (२) शारीरिक योग कितने हैं, उनसे क्या लाभ मिलता है? (३) मानसिक योग कितने प्रकार के होते हैं? (४) योग...
- (१) रचनात्मक कार्यक्रमों का क्या प्रयोजन है?...? (२) युग-निर्माण योजना के रचनात्मक कार्य क्या है? (३) रचनात्मक कार्यक्रम के अन्तर्गत शिक्षा का प्रसा...
- (१) राष्ट्र में प्रतिवर्ष विवाहों पर कितना खर्च होता है?...? (२) कैसे कह सकते हैं कि हमारी विवेक बुद्धि का दिवाला निकल गया है? (३) श्वास लेने वाले किसे कहा जा स...
- (१) राष्ट्रोद्धार का प्रभावकारी माध्यम क्या हो सकता है-राजनीति या धर्म?...? कारण सहित बताइये।...
- (१) लेखक पर दबाव किस बात का है?...? लेखक युगऋषि हैं। उनका अवतरण ईश्वरीय योजना ‘युग निर्माण योजना’ को मूर्त रूप देना रहा है। मनुष्य मा...
- (१) वर्तमान स्त्री जाति को पद-दलित स्थिति में पहुँचाने क पापी कार्य किसने किया है?...? (२) पद-दलित स्थिति में पापी कार्य किसने किया है? (३) इस विपन्न परिस्थितियों से स्त्री जाति को निकाल...
- (१) विवाह क्या है, आजकल विवाह सम्बन्ध किन आधारों पर तय किये जाते हैं?...? (२) विवाह सम्बन्ध का सच्चा आधार क्या होना चाहिए? (३) गृहस्थ के सुख-शान्ति की आधारशिला क्या है? (४) ...
- (१) विवाहोत्सव की परम्परा प्राचीनकाल में कैसी थी?...? (२) आजकल विवाहोत्सव को कमरतोड़ भार क्यों कहा जाता है? (३) हमारे देशवासियों की औसत आय क्या है? (४) वि...
- (१) वृक्षारोपण क्यों आवश्यक है?...? (२) वृक्षों के संरक्षण से मानव समाज को लाभ होते हैं? (३) वृक्षों की तुलना सन्तों से क्यों की जाती है...
- (१) व्यक्ति की गरिमा किस बात पर निर्भर है?...? (२) सफलता प्राप्त करने के उपाय? (३) व्यक्ति ढालने के उपयुक्त समय कौन-सा है व क्यों? (४) उठती उम्र म...
- (१) शिक्षा के वास्तविक उद्देश्य कितने व कौन-कौन से हैं?...? (२) प्राचीनकाल में भारत की शिक्षा प्रणाली कैसी थी? (३) सिद्ध कीजिए कि प्रगति का मूल मन्त्र शिक्षा प...
- (१) शिखा का प्रयोजन क्या है?...? (२) यज्ञोपवीत धारण करने का क्या तात्पर्य है? (३) यज्ञोपवीत धारण द्विजत्व की प्रतिज्ञा किस प्रकार है...
- (१) शिखा तथा यज्ञोपवीत हमारी संस्कृति का प्रतीक है, सिद्ध कीजिए पुराने लोगों के आधार पर?...? (२) प्राचीनकाल में शिखा का क्या महत्त्व था? (३) आज कैसा व्यवहार हो रहा है, शिखा और यज्ञोपवीत कैसा थ...
- (१) श्रद्धा और विश्वास किस प्रगति के लिए आवश्यक है?...? (२) अन्ध-विश्वास की परिभाषा दीजिए? (३) भारतीय जनता का एक बहुत बड़ा भाग अन्ध-विश्वास में जकड़ा हुआ है ...
- (१) समय जैसी जीवन की बहुमूल्य निधि का हम ठीक प्रकार सदुपयोग करते हैं या नहीं?...? आलस्य और प्रमाद में उसकी बरबादी तो नहीं होती?(२) जीवन लक्ष्य की प्राप्ति का हमें ध्यान है या नहीं? ...
- (१) समर्थ होते हुए भी किसी के आगे हाथ पसारने में क्या-क्या हानियाँ होती हैं?...? (२) भारत में भिक्षा व्यवसाइयों की संख्या बतलाते हुए, इनके भिक्षा माँगने की शैली बतलाइए? (३) प्राचीन...
- (१) सिद्ध करो कि नर-नारी भगवान की दो भुजाएँ हैं?...? (२) क्या नारी कर्तव्य और अधिकार में पुरुषों के समान नहीं? (३) पति-पत्नी के प्रति वफादार कैसे रह सकत...
- (१) हमारा देश कृषि प्रधान होते हुए भी कभी-कभी विदेशों से अन्न क्यों मँगाता है?...? (२) खाद्य पदार्थों के उत्पादन की वृद्धि के लिए क्या किया जाना चाहिए? (३) शाक-भाजियों के उत्पादन से ...
- (१) ‘यज्ञ’ शब्द का व्यापक प्रयोजन ‘गायत्री यज्ञ’ से किस प्रकार जुड़ा है?...? (२) क्या गायत्री और यज्ञ इन दोनों के समन्वय से ही परिपूर्ण मानवता का उद्भव हो सकता है? (३) गायत्री ...
- (१०) आमदनी से अधिक खर्च तो नहीं करते?...? कोई दुर्व्यसन तो नहीं? बचत करते हैं न?उपरोक्त दस प्रश्न नित्य अपने आपसे पूछते रहने वाले को जो उत्तर...
- (२) जीवन लक्ष्य की प्राप्ति का हमें ध्यान है या नहीं?...? शरीर सज्जा में ही इस अमूल्य अवसर को नष्ट तो नहीं कर रहे? देश, धर्म, समाज और संस्कृति की सेवा के पुन...
- (२) बालसंस्कार - बच्चों के नामकरण, अन्नप्राशन, विद्यारम्भ आदि संस्कारों के अवसर पर, अभिभावकों को हर परिवार वालों को यह बोध कराना कि नए अभ्यागतों को हर दृष्टि से श्रेष्ठ, समुन्नत बनाने के लिए, सम्बन्धित व्यक्तियों के क्या कत्र्तव्य हैं?...? इन्हें पूरा करने के लिए समुचित ध्यान दिलाना।...
- (२) सतयुग फिर आयेगा कब?...? जन-जन जब चाहेगा तब॥(३) देव संस्कृति के निर्माता। यज्ञ पिता गायत्री माता॥(४) सादा जीवन-उच्च विचार।...
- (३) अपने विचारधारा एवं गतिविधियों को हमने अन्धानुकरण के आधार पर बनाया है या विवेक, दूरदर्शिता एवं आदर्शवादिता के अनुसार उनका निर्धारण किया है?...? (४) मनोविकारों और कुसंस्कारों के शमन करने के लिए हम संघर्षशील रहते हैं या नहीं? छोटे-छोटे कारणों को...
- (३) पुंसवन संस्कार:- गर्भावस्था के आरम्भिक दिनों में ही पति-पत्नी तथा सम्बन्धित परिवार के लोगों को बोध कराना कि नवजात शिशु के लिए उसके आगमन से पूर्व किन तैयारियों में जुटना और आगन्तुक को एक श्रेष्ठ विश्व नागरिक के रूप में कैसे विकसित करना?...? (४) उपनयन- पशु प्रवृत्तियों से ऊँचे उठकर देव जीवन में प्रवेश करने का अनुबन्ध। दूसरे जन्म की अवधार...
- (४) मनोविकारों और कुसंस्कारों के शमन करने के लिए हम संघर्षशील रहते हैं या नहीं?...? छोटे-छोटे कारणों को लेकर हम अपनी मानसिक शान्ति से हाथ धो बैठने और प्रगति के सारे मार्ग अवरुद्ध करने ...
- (४०) सन्तान कितनी और क्यों पैदा करें?...? प्रश्न —— (१) प्राचीनकाल में सन्तान की संख्या वृद्धि पर जोर क्यों दिया जाता था? (२) आजकल परिवार न...
- (५) कटु भाषण, छिद्रान्वेषण एवं अशुभ कल्पनाएँ करते रहने की आदतें छोड़कर सदा सन्तुष्ट, प्रयत्नशील एवं हँसमुख रहने की आदत हम डाल रहे हैं या नहीं?...? (६) शरीर, वस्त्र, घर तथा वस्तुओं को स्वच्छ एवं सुव्यवस्थित रखने का अभ्यास आरम्भ किया या नहीं? श्रम स...
- (६) शरीर, वस्त्र, घर तथा वस्तुओं को स्वच्छ एवं सुव्यवस्थित रखने का अभ्यास आरम्भ किया या नहीं?...? श्रम से घृणा तो नहीं करते?(७) परिवार को सुसंस्कारी बनाने के लिए आवश्यक ध्यान एवं समय लगाते हैं या न...
- (६१) अन्न संकट की चुनौती का सामना कैसे करें?...? प्रश्न —— (१) हमारा देश कृषि प्रधान होते हुए की विदेशों से अन्न क्यों मँगाता है? (२) खाद्य पदार्थ...
- (७) परिवार को सुसंस्कारी बनाने के लिए आवश्यक ध्यान एवं समय लगाते हैं या नहीं?...? (८) आहार सात्विकता प्रधान होता है न? चटोरपन की आदत छोड़ी जा रही है न? सप्ताह में एक समय उपवास, जल्दी...
- (८) आहार सात्विकता प्रधान होता है न?...? चटोरपन की आदत छोड़ी जा रही है न? सप्ताह में एक समय उपवास, जल्दी सोना, जल्दी उठना, आवश्यक ब्रह्मचर्य ...
- (९) ईश्वर उपासना, आत्मचिन्तन एवं स्वाध्याय को अपने नित्य-नियम में स्थान दे रखा है या नहीं?...? (१०) आमदनी से अधिक खर्च तो नहीं करते? कोई दुर्व्यसन तो नहीं? बचत करते हैं न?उपरोक्त दस प्रश्न नित्य...
- ) कीमत में (ख) खरीदने की कोशिश करेंगे?...? मत कीजिए। वास्तविकता के नजदीक आइए - भगवान को प्राप्त करना चाहते हैं तो भगवान का कहना भी मानिए - शरण...
- ) यात्री ने तत्त्ववेत्ता का हाथ पकड़ कर कहा-‘‘यह आप क्या कर रहे हैं?...? चाय तो व्यर्थ जा रही है। कप भरा हुआ है और आप चाय डालते ही जा रहे हैं।’’
तत्त्ववेत्ता ने उत्तर दिया ...
- * किसी ने बिनोवा जी से पूछा-आप महाराष्ट्रीय ब्राह्मण हैं- कोंकणस्थ या देशस्थ?...? उन्होंने कहा-मैं देश में रहता हैं, इसलिए देशरथ हूँ, काया में रहता हूँ इसलिए कायस्थ हूँ और सबसे अधिक...
- * पेशवा की सेना की ओर धुँआ उड़ता देखकर तैमूर लंग ने पूछा-यह क्या हो रहा है?...? खुफिया अफसरों ने बताया-हिन्दू एक दूसरे का छुआ भोजन नहीं खाते, इसीलिए सब अपना-अपना अलग-अलग भोजन पका ...
- , उन्होंने कहा कि हम अपने नमूने पेश करेंगे लोगों के सामने कि दैवी सभ्यता कैसी हो सकती है और हम इस सभ्यता का विकास क्यों करना चाहते हैं?...? दैवी सभ्यता के पीछे क्या परिणति निकल सकते हैं? ये साबित करने के लिए दशरथ के कुटुम्ब ने, परिवार ने उस...
- , कल्प साधना के सम्बन्ध में कल थोड़ी सी जानकारी दी थी कि यह कल्प आखिर है क्या?...? यह भी बताया था कि कल्प माने है-परिवर्तन। पर यह परिवर्तन क्या होगा? कौन करेगा? कैसे सम्भव होगा? आप कु...
- , कैंसर जैसे रोगों के विषाणु सम्पर्क में आने वाले पर छूत का आक्रमण करने को तैयार तो नहीं बैठे हैं?...? चालाक और उद्दण्ड व्यक्ति हर कहीं रौब गाँठते और किसी को भी डराने-दबाने में सफल होते हैं। सम्पन्नों म...
- , वो कोई भक्त हो सकता है?...? नहीं, भक्त नहीं हो सकता। जिसके हृदय में करुणा नहीं है, दया नहीं है, सेवा की वृत्ति नहीं है, जो उदार...
- , ‘‘क्या मैं इसे देख सकता हूँ?...? ’’ कहकर उसे मुझसे माँग कर ले गया। अगले दिन वह पुनः आया और मुझे उस पुस्तक का पैसा यह कहकर दे गया कि ...
- - मैं पालतू हूँ क्या?...? मैं पेड़ पर रहता हूँ या भूमि पर? जंगल में रहता हूँ या गाँव में? मुझे सींग हैं या नहीं? मैं दूध देती ...
- / माता पिता क्या करें?...?
- घर की नियमित एवं व्यवस्थित दिनचर्या बालकों को नियमित एवं व्यवस्थित रहने की प्रेरणा देती है, अतः ...
- ; '' 'हमको कब तक ठहरना पड़ेगा मम्मी?...? " "जब तक कि आपके कपड़े नहीं धोए जाएँगे, जब तक कि आपका शरीर नहीं धोया जाएगा। जब तक धो नहीं...
- ; -- यह गीत लड़कियाँ गाती रहती हैं, आपने सुना नहीं है?...? भगवान के जब अवतार होते हैं तब एक ही काम नहीं करते, मात्र धर्म की स्थापना करते हुए नहीं आते, वरन अनी...
- ; उन्होंने कहा कि फिर हम क्यों पहलवान नहीं बन सके और आप कैसे पहलवान बन गए?...? मात्र कसरत नहीं, कुछ और विशेष पहलवान ने कहा कि आपने जो चीज आँखों से देखी ली, उसे तो नकल कर लिया और ...
- ; उसने कहा-'' अब हम कैसे जा सकते है?...? हज के लिए किराया फिर कहाँ से लाएँगे? अब हमारे लिए हज जाना मुश्किल है।" यह कौन कह रहा है? बगदाद...
- ; किसका हज कबूल का लिया?...? जमीला का।...
- ; तो क्या आप ब्रह्मा हो सकते हैं?...? नहीं। क्यों? अच्छा तो आप एक बच्चे को बना दीजिए। चलिए बच्चा नहीं बन सकता तो एक लूँ बनाकर दिखा दीजिए।...
- ; तो क्या इसी को ऐटीकेट कहते हैं?...? हाँ इसी को कहते हैं। हमने बोर्डिंग स्कूल में अपने बच्चे को दाखिल करा दिया है। वह क्रीज किया हुआ पैं...
- ; बेटे, इससे तो बहुत रुपया आया होगा?...? हाँ गुरुजी! हमने जप किया था। अच्छा तो अभी और झक मार और 'चामुण्डये बिच्चैः' जपता रहा दुष्ट लूट का मा...
- ; यह कौन कह रहा है?...? बगदाद की जमीला कह रहीं है। हज कबूल हुआ खुदाबन्द करीम के यहीं मीटिंग बैठी। हर साल खुदाबन्द करीम काबा ...
- ; शृंगी ऋषि ने जब उनसे यह पूछा कि हम तो अट्ठाईस वर्ष के हो गए और हमारी दाढ़ी- मूँछें आ गईं, फिर आप लोगों की दाढ़ी- मूँछें क्यों नहीं आई?...? उन्होंने कहा कि हम जिस गुरुकुल में पढ़ते हैं वहाँ बहुत ठंडक पड़ती है। इस वजह से वहाँ मूँछें बहुत बड़ी...
- ; सच्ची व सार्थक उपासना क्या और कैसे?...? --पं. श्रीराम शर्मा आचार्य आत्मशक्ति एक ऐसी दिव्य विभूति है, सामर्थ्यों का भाण्डागार है जो प्रसुप्त...
- ; हाँ तू वहाँ खड़ा था, क्या बातें हो रही थीं?...? तूने क्या कहा? वहाँ कौन थे? फिर क्या हुआ?' आपके ऐसे प्रश्न बच्चे को दूसरे की बातों में दखल देने की ...
- ; नव निर्माण अभियान भारत के खोये वर्चस्व को स्थापित करके विश्व को सद्ज्ञान का सन्देश और सत्कर्म की प्रेरणा देना चाहता है; किन्तु जब तक यह देश स्वयं दुर्गति ग्रस्त है, तब तक दूसरों की सद्गति क्या करेगा?...? ऊपर से आदर्श, सिद्धान्तों का आवरण ओढ़े रहना काफी नहीं है। स्टेज पर मेकअप द्वारा पहलवान बनने से कार्...
- ; मरने से डरना क्या?...? --पं. श्रीराम शर्मा आचार्यसुकरात को जहर दिए जाने की तैयारी चल रही थी। शिष्य, मित्र, सहयोगी, सम्बन्ध...
- ;' अब आप हजयात्रा पर कैसे जाएँगी?...? " उसने कहा-'' अब हम कैसे जा सकते है? हज के लिए किराया फिर कहाँ से लाएँगे? अब हमारे लिए हज जाना...
- ;आप लोग कौन हैं?...? " "हम भी विद्यार्थी हैं" शृंगी ऋषि ने जब उनसे यह पूछा कि हम तो अट्ठाईस वर्ष के हो गए...
- ;मूर्ख किस पर तलवार चलाता है?...? आत्मा पर तू तलवार चला सकता है? आ इधर, उन्होंने उसके सिर पर हाथ फेरा और कहा कि जा, आज से तू डाकू नही...
- [समाधान कैसे होगा?...? इस सन्दर्भ में ये पंक्तियाँ जुलाई ८४ तक की अखण्ड ज्योति में छपी थीं। उस समय कोई उस प्रकार होने की कल...
- ]शिकायतें कौन किसकी करे?...? पर गुंजाइश इस बात की पूरी-पूरी है कि देश को कुटीर उद्योग स्तर पर योजनाबद्ध ढंग से खड़ा किया जाय। यों...
- अंगुलिमाल डाकू का नाम आपने सुना होगा?...? वह बहुत खराब आदमी था और महात्मा बुद्ध को मारने के लिए गया था। लेकिन बाद में क्या हुआ? फिर कुछ ऐसा ह...
- अन्तरंग जीवन क्या है?...? अन्तरंग जीवन को तो आपने कभी देखा भी नहीं। उसे कभी छुआ भी नहीं। अन्तरंग जीवन को कभी हवा भी नहीं लगी आप...
- अन्तर्द्वन्द्व क्या है?...? अन्तर्द्वन्द्व बेटे दो साँड़ों की लड़ाई की तरह है। दो साँड़ों की लड़ाई देखी है न आपने? हाँ गुरुजी! ज...
- अकलमन्द कैसे होते हैं?...? अकलमन्द ऐसे होते हैं जैसे आप। आप बहुत अकलमन्द हैं, आपकी जितनी प्रशंसा की जाए कम है। आपकी अकल का ...
- अक्षत क्या होता है?...? एक अंश, अपनी आजीविका का एक अंश, समय का एक अंश, साधन का एक अंश नियमित रूप से निकालना अंशदान है, हिस्...
- अगर आप घोड़े को लगाम नहीं लगाएँ तब?...? ऊँट को नकेल नहीं लगाएँ तब? आप बैल के नाक में रस्सी नहीं डालें तब? हाथी के ऊपर अंकुश नहीं लगाएँ तब? ...
- अगर आप देवताओं की कंपनी में भर्ती हो जायें, तो आपको क्या करना चाहिए?...? आपकी रीति-नीति में क्या फर्क आना चाहिए? यह हम आपको पंचोपचार की प्रक्रिया के माध्यम से समझाते हैं। प...
- अगर इतनी अकल हमने अपने व्यक्तित्व विकास के लिए, अपने आत्मोत्थान के लिए खर्च कर दी होती, तो विवेकानन्द हो सकते थे, समर्थ गुरु रामदास हो सकते थे, कबीर हो सकते थे और जाने क्या हो सकते थे?...? लेकिन जब से ये अभागे हमारे घर में पैदा हुए, तब से हमारी हड्डियाँ और रक्त, माँस और हमारा ईमान, लोक औ...
- अगर इस प्रकार का हमारा दृष्टिकोण होगा तो क्या हमारे समाज में समस्याएँ रहेंगी?...? क्या यहाँ कोई चोरी करेगा? क्यों कोई कहीं डकैती डालेगा? नहीं मित्रो, कोई नहीं करेगा। इनसान के सामने ...
- अगर ऐसा न मानें तब?...? कोई भिखारी आ जाए तब? कोई ऐसा मेहमान आ जाए, जो आपका समय खराब करने चला आए, जिससे आपको कोई फायदा नहीं ...
- अगली शताब्दी में उज्ज्वल भविष्य की सम्भावनाएँ विनिर्मित करने के लिए क्या सम्पदा जुटानी पड़ेगी?...? किस प्रकार की योजना और विधि व्यवस्था बनानी जुटानी पड़ेगी? किस स्तर की समृद्धि जुटानी पड़ेगी? इसका ऊ...
- अगले दिनों क्या करना पड़ेगा?...? अगले दिनों परिव्राजक योजना का शुभारम्भ कर रहे हैं, जिसके लिए पहली बार आप आए हैं, जिसका आप श्रीगणेश क...
- अच्छा और किसने पा लिया?...? अभी और बताता हूँ किसने पा लिया? नरसी मेहता का नाम आपने सुना है? नरसी मेहता गुजरात में रहते थे और भग...
- अच्छा और क्या है शंकर जी के सिर पर?...? चन्द्रमा है, जो शंकर भगवान के सिर पर टँगा हुआ है। चन्द्रमा के बारे में आपका क्या ख्याल है? चन्द्र...
- अच्छा तो कब तक करेंगे?...? सिर्फ उस समय तक करेंगे, जब तक अपने पैरों पर आप खड़े नहीं हो जाते, बस। बाद में? बाद में नहीं करेंगे।...
- अच्छा बेटे, जरा यह तो बता कि यह सब तेरा सामान कितने दाम का हुआ?...? चौबीस हजार पाठ कितने दाम का है? अजी साहब! तीन घण्टे रोज लगाता हूँ। तेरा एक घण्टा कितने दाम का है? एक ...
- अच्छा बेटे, यह बता कि कुछ काम भी करेगा या नहीं करेगा?...? माता जी! काम पर तो नहीं जाऊँगा। तो फिर क्या करेगा? बस यहीं पर आपका सत्संग सुनूँगा और आपकी रोटी खा...
- अच्छा हम और बताते हैं कि किस तरीके से यह मूल है?...? शिखा और सूत्र ये हिन्दू धर्म की दो निशानियाँ है। शिखा क्या है? बेटे गायत्री मंत्र है। हमारे किले के...
- अच्छा होता कहीं ऐसी समझ उपज सकी होती कि आवश्यकता के अनुरूप साधन इस सुविस्तृत प्रकृति कलेवर में पर्याप्त मात्रा में विद्यमान हैं, तब उन्हें मिल बाँटकर काम चलाने की समझदारी क्यों न अपनाई जाये?...? पर दुर्बुद्धि न जाने क्यों तथाकथित समझदारों के सिर ताबड़तोड़ आक्रमण करती है, फलत: अभावग्रस्त समझे ज...
- अच्छा, अब आप क्या पढा रहे हैं?...? अब बेटे हम परहेज पढा रहे हैं और फिलॉसफी पढा रहे हैं। और आगे क्या बताएँगे-मंत्र? मंत्र तो कभी भी बता...
- अच्छा, आप बताइए कि जो चीज आपको मिलेगी, उसको आप रखेंगे कहाँ?...? अच्छा बताइए हम आपको घी दे देंगे। आइए साहब! मेरे पास घी रखा हुआ है। गरमागरम बहुत ताजा घी है। ...
- अच्छा, आप यह बताइए कि '' गणिका, गीध, अजामिल तारे '' के अतिरिक्त और कौन-कौन से व्यक्ति हैं, जिनका उद्धार हो गया?...? हाँ साहब! तुलसीदास जी का उद्धार हो गया। तुलसीदास जी का उद्धार कैसे हो गया और उनमें क्या खराबी थी? स...
- अणिमा, महिमा, लघिमा आदि सिद्धियाँ सम्भव हैं या नहीं?...? चमत्कार दिखाने और निहाल बनाने की जादूगरी का अध्यात्म से कोई सम्बन्ध है या नहीं? इसका निर्णय हर विज्...
- अणु क्या है?...? सुविस्तृत पदार्थ वैभव का एक छोटा सा घटक। आत्मा क्या है? परमात्म सत्ता का एक छोटा सा अंश। अणु की अपन...
- अणु-ऊर्जा विकसित करने का जो नया उपक्रम चल पड़ा है, उसने विकिरण फैलाना तो आरम्भ किया ही है, यह समस्या भी उत्पन्न कर दी है कि उनके द्वारा उत्पन्न राख को कहाँ पटका जाएगा?...? जहाँ भी वह रखी जाएगी, वहाँ संकट खड़े करेगी।स्थिति निश्चित ही विस्फोटकयह विज्ञान के उत्कर्ष के साथ ह...
- अध्यात्म किसे कहते हैं?...? 'साइंस आफ सोल' को अध्यात्म कहते हैं। सोल की साइंस में-आत्मा के विज्ञान में हर चीज भीतर से निकलती है...
- अध्यात्म क्या है?...? अध्यात्म कोई जादू नहीं है, भजन, प्राणायाम, ध्यान जैसी कोई क्रिया नहीं है, वरन् जीवन जीने की शैली है...
- अध्यात्म क्षेत्र के साधकों को जहाँ दूरदर्शी विवेकवान होना चाहिए था, तथ्य और सत्य की परख में रस लेना चाहिए था, संयमी और परोपकारी जैसी प्रवृत्ति से उन्हें विभूतिवान रहना चाहिए था, वहाँ मुफ्त की मनोकामनाएँ पूरी कराने और कौतूहल देखने की ललक से उनका मनःक्षेत्र किस कारण इतना दिग्भ्रान्त और कलुषित हो गया?...? पुरातन उदाहरणों में अध्यात्म क्षेत्र के साधक और प्रवक्ता ऋषि स्तर के ही दीख पड़ते हैं। उन्हें ऋषितुल...
- अध्यापक राष्ट्र के निर्माण करने में कितना योगदान दे सकते हैं?...? इसका अगर किसी को इतिहास जानना हो, तो भारत वर्ष के इतिहास को देखकर के वे जान सकते हैं। प्राचीन काल क...
- अध्याय नंबर दो में मैं आपको यह समझाने वाला हूँ कि इन तीनों क्रियाओं का क्या उद्देश्य है और ये तीनों क्रियाएँ मनःक्षेत्र का कायाकल्प करने के लिए भी किस तरीके से लागू हो सकती हैं?...? दो बातें हो गई-एक हुआ उनका मल संशोधन और दूसरा हुआ एकान्तसेवन। तीसरा एक और पक्ष यह था कि उनको विशेष प...
- अनाचार से कैसे निपटें?...? 4. युग परिवर्तन क्यों और कैसे? 5. महाकाल का प्रतिभाओं को आमंत्रण 6. मनुष्य की दुर्बुद्धि और भाव...
- अनाचारियों की संयुक्त शक्ति अपना लंका जैसा साम्राज्य और आतंक अभी भी दिग्दिगन्त में फैलाये हुए है, पर देवताओं को क्या कहा जाए?...? जो सज्जन रहने भर को सब कुछ मानते हैं और अपने समुदाय की संयुक्त शक्ति सँजोकर रामराज्य के अवतरण जैस...
- अनाथालयों का काम कैसा है?...? बहुत ही अच्छा काम है। बेचारे अनाथ बच्चों का शिक्षण करें, पालन-पोषण करें। जिनके माँ-बाप नहीं है, उन ...
- अनैतिकता का तो कहना ही क्या?...? समय का पालन, वचन का पालन, विश्वास का पालन घटता जा रहा है। व्यवसाय, आचरण, कर्तव्य, उत्तरदायित्व के क...
- अन्न संकट की चुनौती का सामना कैसे करें?...?...
- अपना मन क्या कहता है?...? आदत क्या पड़ गई है? प्रचलन क्या है? इन सब बातों को ताक में रख कर इतना ही सोचना होगा कि इन समस्त अड़...
- अपनी आकांक्षाओं के बारे में ऐसा कहने वाला आदमी कौन हो सकता है?...? ऐसा आदमी वही हो सकता है, जिसके पास कल्पवृक्ष हो। पुराणों में वर्णन है कि स्वर्ग में एक कल्पवृक्ष ना...
- अपनी मरजी से चलाएँगे भगवान को?...?
ठीक है, आप यह सब करेंगे, लेकिन इन सबके बदले में आप चाहते क्या हैं? यही चाहते हैं न कि इन सबक...
- अपनी शिखा और जनेऊ को हम कितना प्यार करते थे?...? आपको तो नहीं मालूम, पर हमें मालूम है। आपको तो साढ़े चौहत्तर का आशय भी नहीं मालूम कि किसे कहते हैं सा...
- अपने कुटुम्बों का निर्माण करने के लिए आपको क्या करना चाहिए?...? इसकी शुरुआत करने के लिए हम तिनके के बराबर सबसे छोटा एक प्रोग्राम बताते हैं। आप अपने परिवार में आस्त...
- अपने घर-परिवार की परिधि के भीतर क्या हो सकता है?...? यह अनुमान लगाते हुए यह सब सोचा जा रहा है। पर इतना ही छोटा अनुबन्ध बँधा रहे, यह सम्भव नहीं।...
- अपने मन में भी असमंजस बना ही रहा कि भक्ति का सम्बन्ध मात्र भाव-सम्वेदनाओं तक ही सीमित तो नहीं है?...? क्या उसकी पूर्णता शक्ति से संयुक्त होने में ही है? जाँच-पड़ताल इसकी भी करनी चाहिए कि उसमें इतनी शक्...
- अपने समय के मूर्धन्य खगोलवेत्ता डॉ गुस्ताफस्ट्रोम वर्ग की पुस्तक ‘दि सोल आफ यूनिवर्स’ में जीवन क्या है?...? विशेषतया मनुष्य क्या है? इस प्रश्न पर प्रस्तुत वैज्ञानिक दृष्टिकोण की मार्मिक समीक्षा की है।...
- अपने समाज के अविवेकपूर्ण रीति-रिवाजों के लिए क्या कहा जाये?...? विवाह-उत्सव अपने लिए एक कमर-तोड़ भार बना हुआ है। लड़के वाले दहेज की लम्बी-चौड़ी रकमें और कीमती सामान म...
- अपव्ययों को रोकने पर, पेंदे में छेद वाले घड़े का सूराख बन्द कर देने की तरह पानी भरा रह सकता है और प्यासे मरने की शिकायत से बचा जा सकता है, किन्तु उस दुर्भाग्य को क्या कहा जाए, जो समय के साथ श्रम को जुड़ने ही नहीं देता?...? अमीरी प्रदर्शन के प्रेत-पिशाच का उन्माद सिर से उतरने ही नहीं देता? इस मूर्छना के रहते उठने, आगे बढ़...
- अफीम की गोली क्या?...? माला आहा! ये बात है। माला में क्या होता है? नम: शिवाय-नम: शिवाय और क्या कह रहा है? श्रीकृष्ण शरणं म...
- अब आप क्या करना चाहते हैं?...? अब हम एक और काम करना चाहते हैं कि हमारा छोटा-सा समूह, छोटा-सा समुदाय क्रमबद्ध, एक प्लानिंग करके चले...
- अब आप समझ गये होंगे कि वातावरण का कितना भारी असर होता है?...? आपको हमने इसलिए यहाँ के वातावरण में बुलाया है, हिमालय के नजदीक बुलाया है। हिमालय यहीं से शुरू होता ...
- अब इसका क्या किया जाय?...? इसके लिए उसे उपयोगी उपकरणों के साँचे में ढालने के लिए एक बार और तपाया जाता है। इतने से कम में मिला ...
- अब क्या आने वाला है?...? देव आने वाला है। देव किसे कहते हैं? शराफत को कहते हैं, भलमनसाहत को कहते हैं। देवता कहाँ रहते हैं? आ...
- अब क्या करना चाहिए?...? अब आप एक काम करना कि पहले वाले यज्ञों और इन यज्ञों में क्या मौलिक फर्क है, यह समझकर जाना। इसी के लि...
- अब क्या करना चाहिए?...? आपको वह काम करना चाहिए जो कि हमने किया है। क्या किया है आपने? क्रिया-कलाप गिनाऊँ आपको? नहीं क्रिया-...
- अब क्या सवाल रह गया?...? अब बेटे, यह सवाल रह गया कि जिस अध्यात्म की प्रशंसा ऋषियों ने गाई, पुस्तकों में गाई गई, राम-नाम की म...
- अब क्या होना है?...? यही होना है। आप में से कोई बुड्ढा तो नहीं है? अच्छा अभी नहीं है तो थोड़े दिनों बाद हो जाएँगे। यह क्य...
- अब तक तुमने यह पहचाना है कि हमारे भौतिक आवरण क्या हैं?...? अब इस पाठ में यह बताने का प्रयत्न किया जाएगा कि असली अहम् 'मैं ' से कितना परे है। वह सूक्ष्म परीक्ष...
- अब पछताय होत क्या?...? राजा जो था, वह बहुत दुःखी हुआ और बेचारा बैठकर रोने लगा। क्या हुआ? उन्होंने कहा कि राजा के सारे खज...
- अब बच्चों का सवाल आता है कि बच्चों को क्या पढ़ाया जाए?...? इसे दुर्भाग्य कहना चाहिए कि हमारे देश में शिक्षा की मनोवृत्ति और शिक्षा का स्वरूप कुछ ऐसा विलक्षण ह...
- अब मैं आपको चलिए यह समझाने की कोशिश करता हूँ कि गायत्री क्या है?...? पौराणिक कथाएँ हमारे सामने हैं। इनके माध्यम से हम आपको यह आसानी से समझा सकते हैं कि गायत्री माता क्य...
- अब सूरज किधर चलेंगे?...? अब दिल्ली जाना है तो वह कौन-सी दिशा में है? अच्छा दक्षिण दिशा में है। उधर तो बृहस्पति जी दिशाशूल ले...
- अब हमको क्या करना चाहिए?...? बेटे, हम इनसान हैं और इनसानी विचारधारा को कायम रखने के लिए हर आदमी को यह बताना चाहिए कि आपके भोजन म...
- अभी आप क्या कह रहे थे?...? मैं भक्तियोग की बात कह रहा था और कल यह समझा रहा था कि भक्तियोग का सार और रहस्य यह है कि हम मोहब्ब...
- अभी यह निर्धारित करना शेष है कि तर्क और तथ्य पर आधारित मानवी धर्म का स्वरूप क्या हो?...? यो मोटे तौर से विश्व का उच्च स्तरीय चिन्तन एक ही दिशा में चल रहा है कि धर्म का स्वरूप सार्वभौम होना...
- अमीरी जताने का उद्धत अहंकार यदि काबू में रहे, तो धन-कुबेर बनने की हविस क्यों सभी पर बेतरह छाई रहे?...? औसत नागरिक स्तर का निर्वाह करने में क्या किसी के बड़प्पन में कमी आएगी? वरन् सच तो यह है कि उसे अपेक...
- अमेरिका जैसे सम्पन्न देश में जहाँ हमारे बच्चे भाग करके वहाँ न जाने क्या-क्या सीखने जाते हैं?...? वहाँ कि जितनी प्रशंसा की जाए कम है। लेकिन वहाँ का दाम्पत्य जीवन व गृहस्थ जीवन इतना जटिल और घटिया हो...
- अर्जुन ने कहा-अच्छा, आपको मेरे जैसा बच्चा चाहिए पर आप जिस तरीके से चाहती हैं, उस तरीके से बच्चा न हुआ, कन्या हो जाए तब?...? और फिर मेरे जैसा न होकर पंगु हो जाए काना हो जाए तब? आप मेरे जैसा ही चाहती हैं न, तो मैं एक ही हूँ। ...
- अलादीन का चिराग आपने सुना होगा?...? अलादीन के चिराग में बड़ा कमाल था। क्यों साहब! ये बात सही हो सकती है? हाँ, मेरे ख्याल से तो सही होगी।...
- अवतार का उदय कितने मनुष्यों के भीतर हुआ और उन्होंने कितनों का कायाकल्प कर दिया?...? एक उदाहरण बताता हूँ आपको-समर्थ गुरु रामदास का। समर्थ गुरु रामदास शादी के लिए तैयार खड़े थे। पण्डित ...
- अवतार का उदय कितने मनुष्यों के भीतर हुआ और उन्होंने कितनों का कायाकल्प कर दिया?...? एक उदाहरण बताता हूँ आपको समर्थ गुरु रामदास का। समर्थ गुरु रामदास शादी के लिए तैयार खड़े थे। पण्डित पं...
- असली अध्यात्म किसे कहते हैं?...? असली अध्यात्म वह है, जिसमें कि इनसान भगवान के नजदीक चला जाता है और नजदीक चले जाने के बाद में उसकी व...
- असली बात क्या है?...? असली बात यह है कि आपकी जीवात्मा के अन्दर हमें वह तेज भरना है, जिसको ‘ब्रह्मवर्चस’ कहते हैं। ब्रह्म...
- असली भक्त कौन?...?
एक दफे शिव और पार्वती गंगा स्नान के लिए जा रहे थे तो शंकर जी ने कहा—पार्वती! आज क्या है? आज सोमवत...
- असामाजिक व्यवहार क्यों?...? — बच्चा जब कोई काम आपके आदर्शों के विरुद्ध करे, तब उसके मूल में उन्हें प्रेरणा...
- असुरों का केन्द्र बनी लंका का पराभव और उन्हीं दिनों राम-राज्य के रूप में सतयुग की वापसी का नियोजन, क्या दो राजकुमार और मुट्ठी भर रीछ वानर सम्पन्न कर सकते थे?...? इसको व्यवहार की रीति-नीति के आधार पर नहीं समझाया जा सकता।...
- आखिर भगवान है क्या?...? मित्रो! यह भक्ति नहीं है, जिसको लोगों ने भक्ति बना रखा है। इससे हिन्दुस्तान का बहुत नुकसान हुआ है...
- आखिर में जब उनसे नहीं रहा गया, तो उन्होंने कहा कि अगर मैं अपनी जिन्दगी में इतना महत्त्वपूर्ण कार्य कर सकता हूँ और हजारों मनुष्यों की शारीरिक और मानसिक स्थिति को अच्छा बना सकता हूँ, तो मेरे जो आठ घण्टे ज्यादा अच्छे और ज्यादा कीमती हैं, उसे मुझे पेट पालने के लिए क्यों खर्च करना चाहिए?...? अन्ना साहब ने इस्तीफा दे दिया। लोगों ने पूछा-यह पागलपन क्यों करते हो? तुम्हारे पास तो खाने का इंत...
- आखिर यह सब है क्या?...? मनुष्य जीवन सृष्टा का सर्वोपरि उपहार है। उसे भव बन्धनों से मुक्त होने, आत्म कल्याण के चरम लक्ष्य तक...
- आखिर समाज है क्या?...? समाज व्यक्तियों का समूह मात्र है। व्यक्ति जैसे होंगे वैसा ही तो समाज बनेगा। समाज कोई अलग चीज नहीं ह...
- आखिर समाज है क्या?...? समाज व्यक्तियों का समूह मात्र है। व्यक्ति जैसे होंगे वैसे ही तो समाज बनेगा। समाज कोई अलग चीज नहीं ह...
- आगे क्या करना पड़ेगा?...? उनका पंचोपचार पूजन। पंचोपचार क्यों करने पड़ते हैं? पंचोपचार में क्या करना पड़ता है? पंचोपचार में क्या...
- आचार्य क्या करें?...?
-सूर्योदय के पूर्व जागने के लाभ बतायें।
-संसार के समस्त जीव जन्तु सूर्योदय के पूर्व जाग जाते हैं।
...
- आज की परिस्थितियों में क्या ऐसा सम्भव है?...? इस पर सहज ही विश्वास नहीं होता। कारण कि इन दिनों आदर्शवादिता मात्र कहने की चीज रह गई है। वह व्यवहार...
- आज की भक्ति?...? मित्रो! फिर क्या करना चाहिए? अभी मैं भक्तियोग की निशानी बता रहा था कि ‘भक्ति’ शब्द जहाँ से आता है...
- आज की युग साधना क्या है?...? साधनाएँ समयानुकूल और पात्रता के अनुकूल हुआ करती हैं। एक सी साधना कभी नहीं होती। बहुत पुराने जमाने...
- आज की युग साधना क्या है?...?...
- आज गृहस्थ जीवन में क्या हो रहा है?...? माँ बाप किसे कहते हैं? माँ बाप उसे कहते हैं, जब तक कि लड़का नाबालिग रहता हैं और जब तक वह जिसके सहारे...
- आज मनुष्य को जीना कहाँ आता है?...? जीना भी एक कला है। सब आदमी खाते हैं, पीते हैं, सोते हैं और मौत के मुँह में चले जाते हैं, किन्तु जीन...
- आज सब जगह जिस तरीके से दुष्टताएँ चारों और फैलती चली जा रही हैं, उनको शिक्षा देकर के और अखण्ड कीर्तन करके, रामायण की कथा सुना करके आप ठीक करना चाहते हैं?...? अच्छा करना चाहते हैं? तो वहाँ चले जाइये जहाँ आपके खेत में जंगली सुअर आ जाते हैं। आप वहाँ खड़े हो ज...
- आज समूची मानव जाति सारे देश विश्वयुद्ध के शिकंजे में इस तरह फँसे हुए हैं कि उसका क्या कहना?...? आज हर जगह तलवार लटकी हुई है। न जाने कब तलवार गिर जाए और गला कट जाए। कोई भी देश किसी समय भी इसका भुक...
- आज हमारे हिंदुओं के बच्चों ने इनसे क्यों इनकार किया?...? बताइए न आप? हिंदुओं के बच्चों ने इसलिए इनकार किया, क्योंकि उन्हें किसी ने भी ये बताया नहीं कि आखिर ...
- आज हमारे हिन्दुओं के बच्चों ने इनसे क्यों इनकार किया?...? बताइए न आप? हिन्दुओं के बच्चों ने इसलिए इनकार किया क्योंकि उन्हें किसी ने भी ये बताया नहीं कि आखिर ...
- आत्म विस्मृति की यह स्थिति कब तक रहेगी?...?...
- आत्म-ज्ञान की आवश्यकता यदि अनुभव की जा सके तो सबसे पहले यह विचार करना होगा कि हम है क्या?...? और आखिर क्यों जी रहे हैं? इस तथ्य पर आत्मवेत्ता महामनीषियों ने अपने गम्भीर चिन्तन से जो निष्कर्ष नि...
- आत्मबल कैसे पैदा होता है?...? आत्मबल के लिए दो ही तरीके हैं। एक का नाम योग है और एक का नाम तप है। अध्ययनशीलता, विचारों का परिष्का...
- आत्मसन्तोष के अलावा समाज का सहयोग व भगवान् का अनुग्रह कैसे मिल सकता है, शानदार जिन्दगी कैसे जीनी चाहिए?...? इसके लिए हमारे यहाँ ट्रेनिंग चलती है। ट्रेनिंग तो पहले भी चलती थी। नौ दिन की, पाँच दिन व एक माह की,...
- आत्मानुसन्धान के लिये अन्वेषण कार्य किस प्रकार चलना चाहिए?...? साधना, उपासना का वैज्ञानिक आधार क्या है? मनः शक्तियों के विकास में साधना उपचार किस प्रकार सहायक सिद...
- आदमी को अन्य प्राणियों की तुलना में क्या-क्या मिला?...? शरीर ऐसा शानदार मिला कि कलाकार ने अपनी सारी की सारी कला एक ही केन्द्र पर खत्म कर दी, ऐसा मालूम पड़ता...
- आदिकाल में दुनिया कैसी रही होगी?...? आरम्भ में शायद वह ऊबड़-खाबड़ रही होगी, जैसी कि चन्द्रमा की खबर लेकर वैज्ञानिक आए हैं। एक इनसान ही रहा...
- आध्यात्मिक क्षेत्र में सिद्धि पाने के लिए अनेक लोग प्रयास करते हैं, पर उन्हें सिद्धि क्यों नहीं मिलती है?...? साधना से सिद्धि पाने का क्या रहस्य है? इस रहस्य को न जानने के कारण ही प्रायः लोग खाली हाथ रह जाते...
- आध्यात्मिक क्षेत्र में सिद्धि पाने के लिए अनेक लोग प्रयास करते हैं, पर उन्हें सिद्धि क्यों नहीं मिलती है?...? साधना से सिद्धि पाने का क्या रहस्य है? इस रहस्य को न जानने के कारण ही प्राय: लोग खाली हाथ रह जाते ह...
- आध्यात्मिक शिक्षण क्या है?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य...
- आध्यात्मिक शिक्षण क्या है?...?...
- आध्यात्मिकता से क्या मतलब है?...? आध्यात्मिकता जीवन जीने की शैली है, सोचने का तरीका है, दृष्टिकोण है। आपने तो इसे काम करने का एक ढंग ...
- आने वाला समय बताएगा कि आप्त वचनों में वर्णित अध्यात्म दर्शन सम्बन्धी प्रतिपादन सत्य की कसौटी पर कितने खरे थे?...? विवेक या तर्क अगले दिनों श्रद्धा का पूरक बनेगा। विज्ञान स्वयं यह पाएगा कि उसकी मान्यताएँ भावना विही...
- आप अपने घर में गायत्री माता को जगह दें, यज्ञ की परम्परा को स्थान दें, फिर देखना हमारा चमत्कार फिर आपके बच्चे पूछेंगे कि मम्मी क्या बात है, आप रोज आग काहे को जला देती हो?...? मम्मी को बताना पड़ेगा। उसके बहाने से आप उन्हें शिक्षण देंगे। हम भी बच्चों से कहेंगे कि बेटे, तुम अपन...
- आप कहेंगे कि बुराइयों से कैसे लड़ा जाएगा, उनको कैसे खत्म किया जायेगा?...? बुराइयों से लड़ने के बहुत से तरीके हैं। उनमें से एक तरीका यह है कि उस पर लांछन लगा करके तथा मारप...
- आप कौन हैं?...? आप इनसान हैं और आप प्रगतिशील हैं। इसलिए आपका विचार और आपका चिन्तन, आपकी आस्थाएँ और आपकी मान्यताएँ और...
- आप क्या करना चाहते हैं?...?...
- आप क्या करें?...? आप बुराइयों को बरदाश्त करें? नहीं, यह तो मैं नहीं कहता कि बुराइयों को बरदाश्त करें। आप बुराइयों से ...
- आप क्या करें?...? बुराइयों को बरदाश्त करें। नहीं, यह तो मैं नहीं कहता कि आप बुराइयों को बरदाश्त करें। आप बुराइयों से ...
- आप क्या कहना चाहते हैं?...? मैं यही कहना चाहता हूँ कि इस युगसन्धि की वेला में आप कुछ महत्त्वपूर्ण काम कर पाएँ तो आपके लिए शान क...
- आप क्या खाते थे—हमें क्या मालूम?...? आप नीबू का आचार भी खाते थे, पापड़ भी खाते थे, चटनी भी खाते थे, जाने क्या-क्या खाते थे? हमने आपको दबो...
- आप क्या चाहते हैं?...? हम क्या चाहते हैं। आपसे क्या चाहेंगे? हमारे बच्चे हैं, जो हम करें वह आप कीजिये। जुलाहे का बेटा जुला...
- आप क्या समझते हैं नीग्रो व नीग्रो की लड़ाई की बात लिंकन कह रहे थे?...? नहीं। नीग्रोज के पास न हथियार थे, न ताकत। उनके पास तो आँसू ही आँसू थे। वे तो रो भर सकते थे। लड़ाई गो...
- आप तो भक्ति को क्या मान बैठे हैं?...? खिलवाड़। पूजा में चावल यहाँ रख देंगे, नाक में से हवा निकाल देंगे। घण्टी बजा देंगे। यह खिलवाड़ ही तो क...
- आप देवियों को क्या समझते हैं?...? हम तो मछली समझते हैं। आटे की गोली बनाकर फेंकी व बगुले की तरह झट उसे निगल लिया। धन्य हैं आप। आपके बर...
- आप बहुत समझदार आदमी हैं?...? आप अगर समझदार नहीं होते, तो इस जमाने में जब सारी दुनिया मरने की तैयारी में बैठी है, उस समय आप लोभ...
- आप बहुत समझदार आदमी हैं?...? आप अगर समझदार नहीं होते, तो इस जमाने में जब सारी दुनिया मरने की तैयारी में बैठी है, उस समय आप लोभ, ...
- आप भगवान् के भक्त हैं, प्रज्ञापुत्र हैं, फिर आपकी हिम्मत इतनी कम कैसे है?...? आप चाहें तो किसी के पास हाथ पसारने की आवश्यकता नहीं है। आप तो एक बीघा जमीन बेचकर इस काम को कर स...
- आप भगीरथ का नाम जानते हैं?...? भगीरथ एक सामान्य से राजकुमार थे; लेकिन जब उन्होंने तपस्वी जीवन जिया; तब उसके चमत्कारों को देखो! गंग...
- आप यहाँ आये हैं, तो यह जानना चाहते हैं कि लक्ष्मी पाने का क्या मंत्र होता है या मुकदमा जीतने का क्या मंत्र है?...? इस मंत्र को कैसे जपा जाए? तुलसी माला से या रुद्राक्ष माला से? मित्रो! यह सब चीजें मंत्रों से प्राप्...
- आप राजनीति में क्यों नहीं आते?...? हम बार-बार यही कहते रहते हैं कि राजनीति का क्षेत्र बहुत छोटा, बहुत कम है और धर्म का क्षेत्र बहुत बड़...
- आप लोग यह ख्याल कर सकते हैं कि इसका क्या कारण हो सकता है?...? आमतौर से कारण ऐसे ही होते हैं। कोई आदमी डर जाते हैं, भयभीत हो जाते हैं, शर्म के मारे बोलना बन्द ...
- आप समझ गए न, उनकी इच्छा कब और कैसे पूरी हुई?...? आप यह बात नोट कीजिए, आपको पिछले वाले पापों से निजात पाने के लिए कुछ-न करना ही होगा। क्या करना चाहिए...
- आप हनुमान जी बनना चाहते है न?...? हाँ गुरुजी हमारे इष्ट तो हनुमान जी हैं, तो आप हनुमान जी बनिए हमें क्या शिकायत है? नहीं साहब! हनुमान...
- आपका इष्ट क्या है?...? लक्ष्य क्या है? आपका इष्टदेव कौन है? हमारे इष्टदेव तो हनुमानजी हैं। इसका क्या मतलब है? इसका मतलब ...
- आपका इष्टदेव कौन है?...? हमारे इष्टदेव तो हनुमानजी हैं। इसका क्या मतलब है? इसका मतलब यह है कि हमारा लक्ष्य है- ऐसे आदमी बन...
- आपका क्या मतलब है?...? कान में घण्टी बजा दीजिए, कोई शंख बजा दीजिए। कोई बच्चे जैसी आवाज आये, बन्दर या चूहे जैसी आवाज आये, फि...
- आपका पिछला जीवन कैसे कुसंस्कारों से भरा पड़ा है और उन कुसंस्कारों को दूर करने के लिए आपको क्या करना चाहिए और यह कैसे सम्भव है?...? हमारी प्रायश्चित प्रणाली इसी के लिए है। प्रायश्चित पद्धति में यह बताया जाता है कि आदमी की आध्यात्मि...
- आपकी उम्र कितनी है?...? उम्र को तो बेटे, काम से देखा जाता है। शंकराचार्य सोलह वर्ष की उम्र में पैदा हुए थे, बत्तीस वर्ष की ...
- आपकी खुराक क्या हो?...? १८. जीवन रक्षक पदार्थ तथा उनका विवेक पूर्ण उपयोग१९. अल्पाहार: दीर्घायु का रहस्य२०. भोजन के समय की म...
- आपकी भी शादी भगवान के साथ में हो सकती है; लेकिन करना क्या चाहिए?...? सिर्फ एक बात करनी चाहिए कि भगवान की मर्जी पर चलने के लिए आप आमादा हो जाइए। भगवान जो आपसे चाहते हैं,...
- आपके कुटुम्बियों को किसकी जरूरत है?...? आपके कुटुम्बियों को तीन चीजों की जरूरत है। पहली जरूरत है शिक्षा। आपके कुटुम्बियों को शिक्षित होना च...
- आपके पास दया नाम की कोई चीज है क्या?...? नहीं, दया नाम की चीज नहीं है तो फिर मैं नहीं कह सकता कि भगवान आपको मिलेगा या नहीं। बेटे मैं तो यह क...
- आपके यहाँ ऐसी कितनी ही घटनाएँ हैं कि जो आदमी कल तक दो कौड़ी के थे, आज देखो उनके यहाँ क्या हाल हो रहे हैं?...? कैसे-कैसे बँगले बने हुए हैं? कैसी-कैसी मोटरें आ रही हैं। करोड़ों रुपया कहाँ से इकट्ठा हो रहा है? आ...
- आपको इसका आभास कैसे मिलता है?...? हम कई आदमियों से मालूम करते हैं, कई फैकल्टीज से मालूम करते हैं, कई विचारकों से मालूम करते हैं तो नत...
- आपको इसमें क्या करना होगा?...? हमने आपको दो काम बतलाए हैं। आपको हमने एक बात यह कही है कि सूर्योदय के समय एक माला गायत्री महामंत्...
- आपको क्या फायदा हुआ?...? कुछ फायदा नहीं हुआ। बेसिलसिले की गलत तस्वीरें छपवा लेते हैं। रेलगाड़ियों में चंदा माँगते हैं। यहाँ-...
- आपको बापा जलाराम की बात मालूम है?...? भगवान आये थे और उनको एक झोली दे गये थे। उसमें से अक्षय अन्न के भण्डार निकलते थे। यह वरदान भगवान ने ...
- आपदायें जो पड़ें यदि, राह में परवाह क्या?...?
ध्येय हो अपना अटल, फिर चोट क्या है, आह क्या?
बीच में ही टूट जाये, वह प्रबल उत्साह क्या?
धार ...
- आपने उस नेवले की कथा सुनी है न?...? जो सोने का हो गया था। उसका आधा हिस्सा सोने का हो गया था। पाण्डवों के यज्ञ में गया था, वहाँ रोने लगा...
- आपने क्या किया?...? बेटे, हमने तप किया है और तप करके पाया है और तू हिस्सा माँगता है। चल तुझे भी दे देंगे। यह क्या है? छ...
- आपने देखा है सर्कस के जानवरों को?...? उनको सिखाने वाले मास्टर जब सिखा लेते हैं, तो एक-एक जानवर ढेरों पैसे कमाकर लाता है। सपेरे साँप को सि...
- आपने भी ऐसी मनोवृत्ति देखी होगी?...? हाँ साहब! देखी है। इन पण्डितों को मैं क्या कहूँ। इनके लिए कौन सा शब्द ढूँढ़कर लाऊँ। ऐसा शब्द कहीं मिल...
- आपने सुना है?...? आपने देखा है कि नहीं? मिट्टियों से धातुएँ जब निकलती हैं, तो कच्ची निकलती हैं। लोहा जब निकलता है, तो...
- आपसे क्या अनुरोध है?...? यह कि हम तो सारी जिन्दगी के लिए चले आये। मरेंगे तो भी हम इधर ही कहीं मरेंगे, लेकिन आपसे हमारी प्रार...
- आपसे हमारा सम्पर्क कब से है?...? आपसे हमारा बहुत पुराने सम्पर्क हैं, जन्म-जन्मान्तरों के भी सम्पर्क हैं। क्योंकि जब हमने तलाश किया, त...
- आरम्भ कहाँ से किया जाय?...? यह एक जटिल प्रश्न है। वह बीज कहाँ से पाया जाय, जो खेतों को सतयुगी धन-धान्य से भरा-पूरा बनाये, वह ...
- आराधना क्यों और कैसे?...?
साधना उसकी बात थी जिसकी कह चुके थे। आज आपको एक नई बात बतानी है। एक और भी चीज है—इसी त्रिवेणी के...
- आराधना — क्यों और कैसे?...? ऑनलाइन ऑडियो सुनें
(07): बन्धनों से मुक्ति &...
- आशीर्वाद किसे कहते हैं?...? दुःखियारों के लिए मुसीबतें झेलने वालों को जो चीजें दी जाती हैं, उन्हें आशीर्वाद कहते हैं। यह सहायता...
- आश्चर्य इस बात का है कि आखिर यह सब हो क्यों रहा है एवं कैसे हो रहा है?...? इसे
कौन करा रहा है? आखिर वह चतुराई कैसे चुक गई, जो बहुत कुछ पाने का सरंजाम जुटाकर
अलादीन का न...
- आश्चर्य इस बात का है कि आखिर यह सब हो क्यों रहा है एवं कैसे हो रहा है?...? इसे कौन करा रहा है? आखिर वह चतुराई कैसे चुक गई, जो बहुत कुछ पाने का सरंजाम जुटाकर अलादीन का नया चिर...
- इक्कीसवीं सदी के लिये हमें क्या करना होगा?...? 22. जिज्ञासा— क्या आप जानते हैं कि हमारा दिमाग (मस्तिष्क) क्या-क्या कर सकता है? उसकी कितनी जबरदस...
- इतना अभ्यास और अनुभव कर लेने के बाद तुम पूछोगे कि अब क्या बचा, जिसे 'अहम्' से भिन्न न गिनें?...? इसके उत्तर में हमें कहना है कि 'विशुद्घ आत्मा।' इसका प्रमाण यह है कि अपने अहम् को शरीर, मन आदि अपनी...
- इतना सब करने के बाद उसे हमेशा एक ही टीस बनी रहती, सत्प्रवृत्तियों के सम्वर्धन के निमित्त अधिकतम मैं क्या करुँ?...? एक दिन वह स्वयं आचार्य उपगुप्त के पास गया। पूछा—‘‘मैं और अधिक क्या करुँ?’’‘‘संघ के संचालन के लिए अप...
- इतने कामों को करेगा कौन?...? होंगे कैसे? नरक को स्वर्ग में उलट देने की प्रक्रिया का आखिर माध्यम क्या होगा? उस योजना के क्रियान्व...
- इतने बड़े-बड़े काम मैंने किये हैं—कोई काम रुका रहा क्या?...? भगवान् ने मुझे कहा—साहित्य के माध्यम से लोगों के दिलों और दिमागों को बदल। मैंने कहा—मेरे पास सामर्थ...
- इन कठिनाइयों का निराकरण कैसे हो?...? जो अन्ध परम्पराएँ पीड़ा, पतन की कुण्डली मारकर बैठी हैं वे मिटें कैसे? इस प्रश्न का उत्तर एक ही है कि ...
- इन कठिनाइयों का निराकरण कैसे हो?...? जो अन्धपरम्पराएँ पीड़ा- पतन की कुण्डली मारकर बैठी हैं वे मिटें कैसे? इस प्रश्न का उत्तर एक ही है कि ध...
- इन दिनों एक ही बड़ा काम सामने है कि जन-जन के मन-मस्तिष्क पर छाई हुई दुर्भावना के निराकरण के लिये कितना बड़ा, कितना कठिन और कितने शौर्य-पराक्रम की अपेक्षा रखने वाला पुरुषार्थ जुटाया जाना चाहिए?...? यह कार्य मात्र उपदेशों से नहीं होगा। इसके लिए तद्नुरूप वातावरण चाहिए। फिर उपदेष्टा का व्यक्तित्व ऐस...
- इन दिनों की सबसे बड़ी तात्कालिक समस्या यह है कि समाज परिकर में छाई विपन्नताओं से किस प्रकार छुटकारा पाया जाए और उज्ज्वल भविष्य की संरचना के लिए क्या किया जाए, जिससे निरापद और सुविकसित जीवन जी सकना सम्भव हो सके?...? समाज विज्ञानियों द्वारा प्रस्तुत कठिनाइयों का कारण अभावग्रस्तता को मान लिया गया है। इसी मान्यता के ...
- इन दिनों हर क्षेत्र में प्रवेश किए हुए समस्याओं, अवांछनीयताओं, विडम्बनाओं के
लिए दोष किसे दिया जाए?...? और उसका समाधान कहाँ ढूँढ़ा जाए? इस सन्दर्भ में मोटे तौर
से एक ही बात कही जा सकती है कि प्रत्यक्ष...
- इन दिनों हर क्षेत्र में प्रवेश किए हुए समस्याओं, अवांछनीयताओं, विडम्बनाओं के लिए दोष किसे दिया जाए?...? और उसका समाधान कहाँ ढूँढ़ा जाए? इस सन्दर्भ में मोटे तौर से एक ही बात कही जा सकती है कि प्रत्यक्षवाद...
- इन दुष्प्रवृत्तियों के आँधी तूफान में कोई कैसे कब तक आदर्शवाद की चट्टान पर खड़ा रहे?...? मनस्वी और आत्मबल सम्पन्न व्यक्तियों की बात दूसरी है जो हर आँधी तूफान का मुकाबला कर सकते हैं और प्रल...
- इन दोनों उपक्रमों के लिए पिछले घटना क्रम-वर्तमान के स्वरूप और भावी निर्धारण के साथ ताल मेल बिठाते हुए किस प्रकार क्या किया जाना है?...? इस सम्बन्ध में किसी प्रामाणिक* एवं अनुभवी महापुरुषों से आवश्यक परामर्श कर लेना चाहिए। शान्तिकुञ्ज...
- इन पिछले दिनों में जब विचारों की विकृति चारों ओर से फैला दी गई है, क्या धर्म, क्या समाज, क्या राजनीति?...? हर क्षेत्र में मनुष्य को दिग्भ्रान्त करने की कोशिश की गयी है। उसके विचारों को सुलझाने की अपेक्षा और...
- इन प्रयासों की क्या परिणति एवं क्या प्रतिक्रिया हुई?...? इसका विवरण इतना असाधारण है कि जिनका भी इस तंत्र के साथ निकटवर्ती सम्बन्ध है, वे एक स्वर से प्रशंसा ...
- इन विभीषिकाओं से कौन जूझेगा?...? कैसे जूझेगा?
5. कठिन समस्याओं के सरल समाधान
6. नवसृजन की चेतना असमर्थ नहीं है
7. देवमानवों का...
- इन सब बातों से यदि हम अवगत हो जायँ, तो फिर हम अपनी ज़बान से कड़वा कैसे बोलेंगे?...? अगर हमारे सामने भगवान आकर खड़े हो जायँ, हनुमान अगर हमारे सामने आकर खड़े जो जायँ, तो क्या हम कड़वे वच...
- इनका मुकाबला करने के लिए क्या करना चाहिए?...? श्रेष्ठता के मार्ग पर अगर हमको चलना है-आत्मोत्कर्ष करना है, तो हमारे पास ऐसी शक्ति भी होनी चाहिए जो...
- इनका मुकाबला करने के लिए क्या करना चाहिए?...? श्रेष्ठता के मार्ग पर अगर हमको चलना है, आत्मोत्कर्ष करना है, तो हमारे पास ऐसी शक्ति भी होनी चाहिए ज...
- इनको प्राप्त करने के लिए क्या करना पड़ेगा?...? बेटे, इसके लिए हमारे पास एक ही हथियार है और उसका नाम है-ध्यानयोग। ध्यानयोग किसे कहते हैं? योग को। य...
- इनमें क्या करना होगा?...? ये दीपक यज्ञ होंगे, दीपक यज्ञ कैसी? दीपक यज्ञ इस तरीके से कि आप एक थाली लें और पाँच जगह पाँच-पाँच...
- इनमें से कुछ सुदामा दिखायी पड़ते, कुछ नरसी भक्त, कुछ उनमें भी मीराबाई दिखायी पड़तीं, कुछ इनमें से सन्त तुलसीदास, कुछ इनमें से सूरदास दिखायी पड़ते, कुछ इनमें से कौन?...? लेकिन मित्रो! कोई नहीं पड़ता दिखायी जैसे के जैसे भूखे के नंगे। सन्तोषी माता का शुक्रवार के दिन उपवास...
- इनसान कैसे बनता है देवता?...?
देवता? हाँ बेटे, देवता बन जाता है। आदमी का वजन, आदमी की तौल, आदमी का मूल्य बढ़ जाता है। लोग आदमी...
- इनसानियत के बिना कैसे इनसान?...?
मित्रो! आदमी इतना छोटा, इतना घटिया, इतना कमीना, इतना बेवकूफ, इतना क्षुद्र हो गया है कि यदि इसे...
- इन्सानों के पास मोहब्बत कहाँ?...? स्वार्थों से डूबे हुए, कामनाओं से डूबे हुए, तृष्णाओं से डूबे हुए, लोभ से डूबे हुए, इन सब पाप पंकों ...
- इन्हें प्राणवान कैसे बनाएँ?...? प्रातःकाल की संध्या और सायंकाल की संध्या का मैं आपको एक और तरीका बता सकता हूँ, जो है तो सरल, ले...
- इस एक उफान के बाद परिवर्तन की घुड़दौड़ समाप्त हो जाएगी?...? ऐसा कुछ किसी को भी नहीं सोचना चाहिए। दूरदर्शी आँखें देख सकती हैं कि इसके बाद ही नई घटा की तरह सहकार...
- इस तथ्य पर नये सिरे से विचार करना पड़ेगा कि शिक्षा के नाम पर ऐसे ही कुछ अगड़म-बगड़म चल रहा है या उसमें व्यक्तित्व को निखारने वाले, व्यावहारिक सभ्यता के ढाँचे ढालने वाले, प्रतिभा को प्रखर बनाने वाले लक्ष्यों का किसी स्तर तक समावेश बन पड़ रहा है?...? इन्हीं के आधार पर व्यक्ति, समाज एवं राष्ट्र को समुन्नत बनाने का अवसर मिलता है। यदि मानवीय गरिमा के ...
- इस तरह शंकर भगवान क्या हैं?...? सिद्धान्तों का समुच्चय हैं। ठीक इसी तरीके से भगवान का प्रत्येक रूप सिद्धान्तों का एक समुच्चय है।...
- इस तरह से मित्रो क्या हो जाएगा?...? अनास्था का, उपेक्षा का वातावरण बन जाएगा। यदि हमने आध्यात्मिकता के मर्म को नहीं समझा। अत: हमको यज्ञो...
- इस तरह से मित्रो क्या हो जाएगा?...? अनास्था का, उपेक्षा का वातावरण बन जाएगा यदि हमने आध्यात्मिकता के मर्म को नहीं समझा।...
- इस तरीके से बेवकूफ और वाहियात लोगों की बातों को मान कर के हम किस तरह से न्याय और इंसाफ की हत्या कर सकते हैं?...? हमें इनके विरुद्ध बगावतें खड़ी करनी पड़ेंगीं। और आगे चलकर हमको उन अवांछनीय तत्त्वों के विरुद्ध जिन्ह...
- इस तरीके से रूढ़िवादियों से लेकर के जिनके स्वार्थ जुड़े हैं, जागीरदारों से लेकर के ताल्लुकेदारों तक और पण्डे-पुजारियों से लेकर के दूसरे अवांछनीय तत्त्वों तक जिनके दाढ़ में हराम के पैसों का, हराम की आमदनी का, बेकार की बातों का चस्का लग गया है, रिश्वतखोरी का चस्का लग गया, वो सीधे तरीके से मान जाएँगें क्या?...? नहीं। हम जब समझाएगें, हाँ, हाँ, हाँ करेंगे। कहेंगे कि आपने बिलकुल सही कहा, ऐसा ही होना चाहिए। फिर भ...
- इस निरर्थक विडम्बना से भला किसका क्या लाभ हो सकता है?...? स्वाध्याय के लिए वह चुना हुआ साहित्य ही उपयुक्त होगा जो व्यक्ति के गुण, कर्म, स्वभाव को परिष्कृत कर...
- इस पुस्तक के अगले अध्याय में हम यह बताएँगे कि आपकी विशुद्घ आत्मा भी स्वतंत्र नहीं, वरन् परमात्मा का ही एक अंश है और उसी में किस प्रकार ओत-प्रोत रही है?...? परन्तु उस ज्ञान को ग्रहण करने से पूर्व तुम्हें अपने भीतर 'अहम्' की चेतना जगा लेनी पड़ेगी। हमारी इस ...
- इस पैसे का हम क्या करेंगे?...? इन पैसों को हम इमारत बनाने में, हवन कराने में नहीं खर्च करेंगे। यह ज्ञानघट का पैसा विशुद्ध रूप से...
- इस प्रयास का शुभारम्भ कैसे हो?...? इसके लिए पट्टी पूजन की तरह छोटा श्रीगणेश भी किया जा सकता है और एकाकी बड़ा साहस न बन पड़ने पर बच्चे ...
- इस प्रयोजन में किस मन:स्थिति और किस परिस्थिति का व्यक्ति क्या करे?...? इसका व्यावहारिक मार्गदर्शन प्राप्त करने के लिए शान्तिकुञ्ज में निरन्तर चलते रहने वाले नौ दिन के साध...
- इस प्रश्न के उत्तर की अर्थात् आत्मज्ञान की आवश्यकता यदि अनुभव की जा सके, तो सर्वप्रथम यह विचार करना होगा कि हम कौन हैं?...? और क्यों जी रहे हैं? इस तथ्य पर आत्मवेत्ता ऋषियों ने गम्भीर चिन्तन एवं अनुसन्धान से जो निष्कर्ष निका...
- इस शरीर का आत्मा से क्या सम्बन्ध है?...? सब जीवों के साथ परमात्मा को क्या सरोकार है? शय्या से उठते ही पहले इस तत्त्व पर मन केन्द्रीभूत कीजिए...
- इस शिविर में हमने आपको इसीलिए बुलाया था और बार-बार पूछा था कि क्या ऐसा करना सम्भव है?...? मैं जानता हूँ कि आपके पास अकल बहुत ज्यादा है, परन्तु क्या आप हिम्मत कर सकते हैं? हम तो चाहते हैं...
- इस शिविर में हमने आपको इसीलिए बुलाया था और बार-बार पूछा था कि क्या ऐसा करना सम्भव है?...? मैं जानता हूँ कि आपके पास अकल बहुत ज्यादा है, परन्तु क्या आप हिम्मत कर सकते हैं? हम तो चाहते हैं कि...
- इस सन्दर्भ में, मैं आपके सामने कुछ ऐसे आदमियों के नाम रखना चाहता हूँ कि परिवर्तन कैसे होते हैं?...? शंकराचार्य को आप जानते हैं न। शंकराचार्य एक मामूली घर के लड़के थे। उनकी याता यह उम्मीद करती थी कि पढ...
- इस समय इसकी क्या आवश्यकता पड़ गयी?...? इस समय एक और नयी बात पैदा हो गयी। इस समय युद्ध के संकट और दूसरे संकट तो प्रत्यक्ष हैं ही जो दिखायी ...
- इस सुअवसर को ठुकरा कर जो तृष्णा वासना का, लोभ मोह का अनावश्यक भार सँजोते और ढोते हैं, उनकी समझदारी को किस तरह सराहा जाय?...? दलदल में घुसते जाना और उसकी सड़न से खीजते और जकड़न से चीखते जाना, किसी का लादा हुआ नहीं स्वयं का अपना...
- इस स्वच्छंद क्रिया-परिवर्तन का क्या अर्थ है?...? क्या तत्त्वदृष्टा ऋषियों को साहित्य और व्याकरण के नियम नहीं ज्ञात थे? तब इतने श्रेष्ठ साहित्य का सृ...
- इस स्वनिर्मित दुर्गति से पार निकलना कैसे हो?...? गिरना तो किसी के लिये भी सरल हो सकता है; पर उबरने और ऊँचा उठने के लिये मात्र अपने पुरुषार्थ से भी क...
- इस हृदय-द्रावक स्थिति को कब तक सहन किया जाय?...?...
- इसका क्या मतलब है?...? बेटे! जब घर का मालिक कहे कि चोर को पकड़ो, तब आप भी कहिए कि चोर को पकड़ो। चोर कौन है? मालूम नहीं कौन ह...
- इसकी जिम्मेदारी किसकी है?...? भारतवर्ष की। इसकी जिम्मेदारी फिर से भारतवर्ष ने सँभाली है। पौर्वात्य संस्कृति ने सँभाली है और उस ...
- इसके लिए आपको क्या करना पड़ेगा?...? आप क्या करेंगे? आपको सादा जीवन और उच्च विचार के सिद्धान्तों को स्वीकार करना पड़ेगा। ऊँचे विचार सिर्...
- इसके लिए उनको क्या करना होगा और क्या करना चाहिए?...? इसके लिए मुझे वैज्ञानिकों से मिलना होगा और इस यात्रा के लिए जो कार्यक्रम बना है, उसमें वैज्ञानिकों ...
- इसके लिए करना क्या चाहिए?...? एक ही बात करनी चाहिए-भगवान की मरजी पर चलने के लिए आमादा हो जाइए। जो कुछ वह आपसे चाहते हैं, वह आप की...
- इसके लिए करना क्या होगा?...? हम इसके स्तम्भों की स्थापना करेंगे, प्रतीकों की, सिम्बलों की स्थापना करेंगे। प्रतीकों की स्थापना कर...
- इसके लिए करना क्या होगा?...? हम इसके स्तंभों की स्थापना करेंगे, प्रतीकों की, सिम्बॉलों की स्थापना करेंगे। प्रतीकों की स्थापना कर...
- इसके लिए किसे क्या करना होगा?...? यह उसके वर्तमान स्तर एवं उच्चस्तरीय मार्गदर्शन पर निर्भर है। सबके लिए एक पाठ्यक्रम नहीं हो सकता, कि...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? आपको अपने कुटुम्ब के सम्बन्ध में, बच्चों के सम्बन्ध में अपने दृष्टिकोण बदलने पड़ेंगे। बच्चों की सं...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? वह काम, जो भगवान अपने हाथ से करने वाले हैं, सन्तुलन बनाने वाले हैं। सृष्टि को ठीक करने वाले हैं। आदम...
- इसके लिए शुभारम्भ कैसे और कहाँ से हो?...? यह बिल्ली के गले में घण्टी बाँधने जैसा टेढ़ा प्रश्न है। इसके लिए आत्मदानी, प्रचण्ड साहस के धनी प्रा...
- इसके साथ-साथ क्या करना चाहिए?...? उपासना में क्या करना होता है? उपासना में नजदीक आते हैं और नजदीक आने के साथ-साथ सबसे पहला काम करना प...
- इसलिए क्या करना चाहिए?...? प्रत्येक क्रिया के लिए जो कर्मकाण्ड बनाए गए हैं, वे श्रेष्ठ काम के लिए बनाए गए हैं। कर्मकाण्ड करते ...
- इसलिए क्या करना चाहिए?...? आपके पास एक ऐसी प्रेम की रस्सी होनी चाहिए, आपके पास ऐसी मिठास की रस्सी होनी चाहिए, आपके पास अपने व्...
- इसलिए क्या करना पड़ेगा?...? यही व्यावहारिक शिक्षण करने के लिए आपको पंद्रह दिनों के लिए हम भेज रहे हैं, ताकि आप यह जान सकें कि आ...
- इसलिए मित्रो क्या हो गया?...? लोगों में पण्डितों के प्रति, सन्तों के प्रति, साधुओं के प्रति, हरेक के प्रति अवज्ञा का भाव उत्पन्न ...
- इसलिए मित्रो, क्या होने वाला है?...? अगले दिनों क्या स्थापना होने वाली है? अगले दिनों विवेकशीलता की स्थापना होने वाली है। हम उस विवेकशील...
- इससे उद्धार हो सकता है?...? नहीं बेटे! इससे उद्धार नहीं हो सकता है। तो फिर किस तरह से उद्धार होता है? दुनिया में इसका एक ही तरी...
- इससे क्या हो जाएगा?...? इससे आप महामानव हो जाएँगे, ऋषि हो जाएँगे। ऋषि उस आदमी का नाम है जिसे नयी वस्तु संग्रह करने की जरूरत...
- इसी तरह क्या कृष्ण भगवान महाभारत युद्ध अकेले नहीं लड़ सकते थे?...? अगर अकेले लड़ सकते तो पाण्डवों की खुशामद क्यों करते? पाण्डव बार बार यही कहते रहे कि हमें यह लड़ाई नही...
- इसी तरह क्या कृष्ण भगवान् महाभारत युद्ध अकेले नहीं लड़ सकते थे?...? अगर अकेले लड़ सकते, तो पांडवों की खुशामत क्यों करते? पांडव बार-बार यही कहते रहे कि हमें यह लड़ाई ...
- इसी तरह गिलहरी ने क्या किया था?...? अपने बालों में बालू भरकर लाती और समुद्र में पटक देती थी। बालों में बालू भर लेना कोई मुश्किल और बड़ा ...
- इसी तरह गिलहरी ने क्या किया था?...? अपने बालों में बालू भरकर लाती और समुद्र में पटक देती थी। बालों में बालू भर लेना कोई मुश्किल और बड़ा ...
- इसी तरीके से अपने स्वास्थ्य के लिये जो खान-पान, आहार-विहार जैसा रखना चाहिए था, वैसा रखा क्या?...? चिन्तन की शैली में जिस तरीके की शालीनता का समावेश होना चाहिए था, वो रखा गया क्या? ना। न हमने अपने शर...
- इसी तरीके से आम्रपाली का नाम सुना है न आपने?...? आम्रपाली एक वेश्या थी। वेश्या को तो सब हिकारत की निगाह से देखते हैं, उसका अपमान करते हैं, उसको बुरी...
- ईश्वर के बारे में जितना ज्यादा लिखा गया है और कहा गया है, ये बारीकी से देखा और ये सोचा कि पूजा-पाठ से लेकर के ईश्वर की चर्चा-लीला कहने से सबका क्या प्रयोजन है?...? यह एक ही प्रयोजन दिखाई पड़ा कि ईश्वर एक परब्रह्म, अपार है। और वह एक नियामक शक्ति है, आदमी के काम को ...
- ईश्वर कौन है?...? कहाँ है? कैसा है? ईश्वर कौन है? कहाँ है? कैसा है? (छोटा) 3. दृश्य जगत के अदृश्य संचालक सूत्र 19....
- ईश्वर यदि है तो प्रत्यक्ष क्यों नहीं दीखता?...? यह तर्क लोग करते रहे हैं। विकसित बुद्धि के व्यक्ति ईश्वर के अस्तित्व के विषय में यदि शंकालु हुए भी,...
- उच्चस्तरीय व्यक्तित्वों का निर्माण कैसे हो?...? इसके लिए उस स्तर के साँचे चाहिए। टकसाल के साँचे जैसे होते हैं, वैसे ही सिक्के ढलते चले जाते हैं। बु...
- उपभोग किसे कहते हैं?...? उपभोग उसे कहते हैं जिसमें कि जो भी चीज कमाई जाती है वह अपने लिए, अपने शरीर के लिए, अपनी खुशी के लिए...
- उपलब्धि क्या हस्तगत हुई?...? यह देखना ही पर्याप्त नहीं? जाँचा यह भी जाना चाहिए कि उसका उपयोग लोकहित के लिए किस प्रकार और कितना ब...
- उपासना का मूल क्या?...? गायत्री क्या है? गायत्री वास्तव में ज्ञान की गंगा है। गायत्री फिलॉसफी है। गायत्री क्रिया है। क्रि...
- उपासना किसे कहते हैं?...? उपासना किसे कहते हैं? मित्रो! इसे मैं आपको समझाना चाहता हूँ। उपासना का अर्थ होता है-नजदीक बैठना, स...
- उपासना कैसे करें?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ बोलें,
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो य...
- उपासना कैसे करें?...?...
- उपासना कैसे सार्थक हो सकती है?...? उपासना कैसे मंत्रसिद्ध हो सकती है? भगवान का अनुग्रह प्राप्त करने के अधिकारी हम कैसे हो सकते हैं? मि...
- उपासना नीरस, उबाऊ क्यों?...? — मित्रो! हमारे नाच में एक चीज का अभाव है, जिसको हम कहते हैं—घुँघरू। घुँघरू बँध जाए तो समाँ बँध...
- उपासना फलदायी कैसे बने?...? गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो न: प्...
- उपासना फलदायी कैसे बने?...?...
- उसका पहला प्रश्न था—‘‘वीरता और क्रूरता क्या है?...? ’’‘‘त्रास से घिरे लोगों को बचाने, उनको सुख पहुँचाने हेतु अपने जीवन तक के मोह को तिलांजलि देकर जुट प...
- उसको आपको दिखाएँ?...? नहीं दिखाएँगे आपको। वह तो निराकर है। गायत्री माता क मूर्ति य चित्र जो भी अपने रखा हो, उसके सामने पा...
- उसमें क्या-क्या चीजें आती हैं?...? बेटे! इसमें पहला अंग '' पवित्रीकरण '' का आता है। ॐ अपवित्र: पवित्रो वा सर्वावस्थां गतो पिवा......। ...
- उसमें से कौन होता है?...? किसमें? व्याख्यान करने वालों में। व्याख्यान करने वालों में तलाश करना कि जब कोई नेता आता है, तो सु...
- उससे कैसे हमारी पीढ़ियाँ कमजोर व अपंग होने वाली हैं?...? कितनी महामारियों, बीमारियों का दौर आने वाला है? इस विकिरण की वजह से-वायु प्रदूषण की वजह से, जो आज...
- उसे पास बुलाया, पूछा—‘‘क्यों बहन, तुम इस धोती को धोती क्यों नहीं?...? इसके फटे हुए हिस्सों को सिल क्यों नहीं लेतीं?’’ प्रश्न ने उसके अतीत-वर्तमान को, आर्थिक अभावों को एक...
- ऊपर की पंक्तियों में संक्षिप्त रूप से एक ब्रह्म के अनेक अलंकारों को रूपकों की तरह देवी-मान्यताओं के रूप में प्रस्तुत करने का क्या प्रयोजन था?...? उसकी एक हलकी झाँकी कराई गई है। असंख्य देवी-देवताओं की ऐसी ही व्याख्या कह जा सकती है। हमें उस गहराई ...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा और सत्प्रवृत्ति सम्वर्धन का समन्वित स्वरूप क्या बन सकता है?...? इसके लिए नये सिरे से खोजबीन करने की आवश्यकता नहीं। पुराना राजमार्ग ही सुधार, सम्हाल लिया जाय तो पगड...
- ऋषि क्या करते थे?...? क्या वे माला घुमाते थे? नहीं बेटे, वे माला नहीं घुमाते थे, वरन् वे सारे दिन समाज की सेवा किया करत...
- ऋषि क्या करते थे?...? क्या वे माला घुमाते थे? नहीं बेटे, वे माला नहीं घुमाते थे, वरन वे सारे दिन समाज की सेवा किया करते थ...
- ऋषि ने पूछा—‘‘कस्मै देवाय हविषा विधेम्’’ अर्थात् ‘‘हम किस देवता के लिये भजन करें’’?...? उसका सुनिश्चित उत्तर है—आत्मदेव के लिये। अपने आप को चिन्तन, चरित्र और व्यवहार की कसौटियों पर खरा सि...
- ऋषि, गायत्री मंत्र के बारे में क्या कहते हैं?...? शास्त्रकारों ने क्या कहा है? यह जानने के लिए मित्रो, मैंने पढ़ना शुरू किया और पढ़ते-पढ़ते सारी उम्र नि...
- एक आदमी कमाए और सारा घर खाए ये क्या बात है?...? एक कमाता है, बाकी लोग जो समर्थ हैं, बड़ी उमर के हैं और जो काम करने में समर्थ हैं, उनको काम क्यों नही...
- एक कुण्डीय यज्ञ का आप मतलब तो समझ ही गये हैं न?...? एक थाली में पाँच धूपबत्तियाँ और पाँच दीपक रखें। थाली को हल्दी, रोली अथवा आटे द्वारा सजा भी सकते हैं...
- एक गरीब घर की लड़की की किसी मालदार पति से शादी हो जाए, तब वह दूसरे दिन ही उसकी मालकिन हो जाती है, कब?...? जब उसने रिश्ता मिला लिया, तब। बस, मुझे भी यही कहना था। रिश्ता मिलाने में आप जो ख्याल करते हैं कि रि...
- एक दिन चिन्मय ने माताजी (अपनी नानी) से पूछा, ‘‘आप कहती हैं कि नारी युग आयेगा, यह कैसे होगा?...? आज की नारी तो बहुत पिछड़ी है। माताजी बोलीं, ‘‘बेटे, सवाल पिछड़ेपन का नहीं है। अच्छा काम सब कर सकते है...
- एक दिन पशुओं की भाँति सारी क्रियाओं में पूर्ण पशु मनुष्य आज इस सभ्यता के उन्नति शिखर पर किस प्रकार पहुँच गया?...? अपनी विचार-शक्ति की सहायता से। विचार शक्ति की अद्भुत उपलब्धि इस सृष्टि में केवल मानव प्राणी को ही प...
- एक दिन बात करते-करते मैंने गुरुदेव के दोनों हाथ पकड़े और पूछा, ‘‘गुरुजी आप कौन हैं?...? गुरुजी बड़े सहज ढंग से अपनी ओर इशारा करते हुए बोले, ‘‘देखती नहीं, मैं कौन हूँ?’’ मैंने कहा, ‘‘गुरुदे...
- एक दिन माताजी से एक लड़की (माधवी) ने प्रश्न किया, ‘‘माताजी विधवा औरतों को बिंदी आदि नहीं लगाना चाहिए?...? ’’ उसके इस प्रश्न पर माताजी बोलीं, ‘‘बेटा यह गलत धारणा है। सुहाग कभी मरता नहीं है। इसलिये बिंदी लगा...
- एक दिन मैं घीया मण्डी पहुँचा, ‘‘पूछा, माताजी कहाँ है?...? ’’ एक बच्चे ने बताया कि माताजी, सतीश के लिये कोट का कपड़ा खरीदने नीचे गयी हैं। उसने दौड़कर माताजी को ...
- एक दूसरी और चीज है-लोक-सम्मान लोकसम्मान आप नहीं पा सकेंगे?...? क्यों? क्योंकि आपकी सारी शक्ति, सारा प्यार इन थोड़े-से आदमियों में केन्द्रित हो गया है। आप अपनी औरत...
- एक धनी युवक ने एक बार ईसा से पूछा—‘‘प्रभु स्वर्ग के राज्य की प्राप्ति के लिए क्या करुँ?...? ’’ वे बोले—‘‘तुममें पवित्र आत्मा नहीं उतरी। यहाँ से जाकर जीवनोपयोगी वस्तुओं को छोड़कर शेष सारी सम्प...
- एक बच्चे को देश का नेता बनने की बड़ी भारी इच्छा थी, पर कैसे बना जाए?...? यह बात समझ में नहीं आती थी। एक दिन फ्रैंकलिन की जीवनी पढ़ते समय उसने ज्ञानार्जन की महत्ता समझी। बच्च...
- एक बन्दर द्वारा समुद्र छलाँग जाना, लंका जैसे सुदृढ़ दुर्ग को धराशाई बनाना, पर्वत समेत संजीवनी बूटी को अपने कन्धे पर लाद लाना, क्या सामान्य शरीरधारियों के बलबूते की बात है?...? गाँधी, शंकराचार्य, विनोबा, विवेकानन्द जैसों के कर्तृत्व भी ऐसे ही मानने पड़ते हैं। जिन्हें अलौकिक म...
- एक बार किसी ने बरसात के बादलों से कहा कि आप हमारे घर में, खेत में क्यों नहीं बरसते हैं तथा वहाँ हरियाली क्यों नहीं लाते हैं?...? बादलों ने पूछा—क्या आपके पास अच्छी वाली जमीन है? उसने कहा—नहीं हमारे पास तो केवल चट्टानों से भरी जम...
- एक बार नानक के गुरुद्वारे में जब मैं गया तो मैंने देखा कि नानक को मरे हुए सैकड़ों वर्ष हो गये, परन्तु उनका मकान कितना जबरदस्त है?...? स्वर्ण मन्दिर आप में से किसी ने देखा होगा शायद, बहुत कीमती मन्दिर है। करोड़ों रुपये कीमत का बना हुआ मं...
- एक बार फिर सुन लीजिए कि आपको क्या- क्या करना है?...? पहली बात यह कि आपको यहाँ के लिए एक आदमी, एक युगशिल्पी भेजना है, जो यहाँ से महीने भर में सीख करके जा...
- एक बार भगवान् बुद्ध से पूछा गया कि आपको तो मरने के बाद स्वर्ग मिलेगा?...? उन्होंने कहा-नहीं मैं तो स्वर्ग जाने का अधिकारी तब होऊँगा, जब हर व्यक्ति स्वर्ग जाने का अधिकारी...
- एक बार मैंने गुरुजी से पूछा, ‘‘गुरुजी, शरीर छोड़ने के बाद आप कहाँ जायेंगे?...? क्या करेंगे?’’ यह सन् 1963-64 की बात होगी। गुरुजी बोले, ‘‘मैं अपने गुरु का स्थान हिमालय में ले लूँग...
- एस में पढ़े हुए वे शब्द याद हो आये, ‘‘हार्ट कैसे कार्य करता है यह विज्ञान का विषय है, लेकिन हार्ट किसने बनाया?...? सर्जन कट्स एण्ड गॉड युनाइट्स’’
1982 जनवरी में, मैं 15 दिन के प्रज्ञा-पुराण प्रशिक्षण हेतु सुल्तानप...
- ऐसा क्यों हो रहा है?...? क्यों करना पड़ रहा है? इसके सम्बन्ध में एक बात बहुत जोर देकर कही जाती है कि मनुष्यों की जनसंख्या बे...
- ऐसा क्यों होता है?...? इसका प्रत्यक्ष कारण तो शिक्षा, व्यवस्था, परम्परा, शासन, साहित्य, कला आदि में घुसी अनुपयुक्तता को भी...
- ऐसी दशा में यदि दान शब्द का अर्थ धनदान के साथ जुड़ गया हो और फिर मनोविनोद तक के लिए किए जाने वाले अपव्यय को भी, खर्च की मद में लिखे जाने के कारण दान समझा जाने लगा हो, इसमें आश्चर्य ही क्या है?...? पूजा-पाठ में एक विधि पशुवध की भी सम्मिलित थी और उसे बलिदान कहा जाता था। हरिजनों को कभी जूठन दान दिय...
- ऐसी शानदार जिन्दगी और किसी की हो सकती है क्या?...? हाँ एक और है वह है शंकराचार्य। उनकी माँ रोज कहती थी कि बेटे तेरा ब्याह करूँगी। शंकराचार्य को एक सपन...
- ऐसी स्थिति में आपको क्या करना चाहिए?...? आपको अगर ऊँचा उठना है, तो अपने भीतर से एक नई हिम्मत इकट्ठी करनी चाहिए। क्या हिम्मत करें? यह हिम्...
- ऐसे कैसे बुद्धिजीवी?...?
हम बुद्धिजीवी हैं? हम कठोर हैं, हम पाषाण हैं। पाषाण, जिसके ऊपर कोई असर नहीं पड़ता। आपके ऊपर असर प...
- ऐसे दम्पत्ति जिन्होंने छोटी आयु से ही अपने शरीरों को निचोड़ना शुरू कर दिया कभी परिपुष्ट, सुन्दर और नीरोग सन्तान उत्पन्न नहीं कर सकते, कच्चे बीज यदि बोये जायें तो अच्छी फसल उगने की आशा कौन करेगा?...? बाल-विवाह के कुचक्र ने जिन्हें चूसे हुए आम की तरह निचोड़ डाला है, उनकी सन्तान कमजोर, बीमार, अल्प आयु...
- ऐसे भयंकर समय में आपके ऊपर कोई जिम्मेदारी नहीं है?...? क्या आपके कोई कर्तव्य नहीं है? क्या आपके अन्दर भावनाएँ नहीं हैं? क्या आपका हृदय पत्थर और लोहे का हो...
- और उनका अगला छन्द है- सुखों का साथ हमें मत देना अगर आप दिया करते हों, तो आप हमारे दुखों को मिटाना मत, अगर आप मिटाया करते हों तो?...? रवीन्द्रनाथ टैगोर की कविता की अन्तिम पंक्ति में कहा गया है- अगर आप वास्तव में ही दिया करते हैं, क्...
- और किन-किन ने समय को पहचाना और भगवान का काम किया?...? रीछ-वानरों की घटनाएँ तो आपको याद ही हैं। गाँधीजी की कल-परसों की बात है। स्वाधीनता संग्राम में जिन-ज...
- और किसकी सहायता हुई?...? सदन का नाम सुना है आपने कि वह कैसा आदमी था? कसाई का धंधा करता था, जानवर काटता था। पवित्र शालिग्राम ...
- और किसको देखना चाहते हो?...? तीर-कमान वाले को देखना चाहते हैं। तीर-कमान किसका बनता है? बाँस का बनता है। बाँस का तीर-कमान धारण ...
- और कुछ कहना है आपसे?...? बस एक ही बात कहनी है कि आप अपने समय का थोड़ा हिस्सा अपने लिए रखिए और ज्यादा हिस्सा समाज के लिए, देश ...
- और कौन क्या कह रहा था?...? जो ग्रह-नक्षत्र विद्या के जानकार हैं, वे कह रहे थे कि पृथ्वी का खाविन्द सुर्य है। ये दोनों मियाँ-बी...
- और कौन-कौन सी घटनाएँ हैं?...? मैं ढेरों घटनाएँ, ढेरों कहानियाँ सुना सकता हूँ। कौन-कौन घटनाएँ सुनेंगे आप? चलिए आपको सुनाता हूँ। रा...
- और कौन-सी उपासना यूनीवर्सल है?...? दूसरी यूनीवर्सल उपासना 'ध्यान' है। सांप्रदायिक उपासनाओं में तो तरह-तरह की शक्लें पाई जाती हैं, ...
- और कौन-सी है, यूनीवर्सल उपासना?...? बेटे! एक और यूनीवर्सल उपासना पद्धति है, जिसका नाम है—'सोऽहम् साधना'। इसमें स्वरों की उपासना आ ज...
- और क्या करें?...? और यह कीजिए कि इन तीर्थों की देश और विदेशों में स्थापना करने का हमारा बड़ा मन है। आप हमारा हाथ बँटाइ...
- और क्या किया करें?...? बेटे! एक काम आप और कर सकते हैं। आपने दो चीजें भुला दी हैं, बाकी सब चीजें याद हैं। जिनसे आपको नु...
- और क्या था हमारे पास?...? हमारे पास थी भावना-सम्वेदना यह भी हमने अपने कुटुम्बियों के लिए, बेटे-बेटी के लिए नहीं लगाई। हमने अ...
- और बहिरंग जीवन में?...? बहिरंग जीवन में भी यही बात है। बहिरंग जीवन में आप अनाचार को छूट दे दीजिए, उसे रोकिए मत, सुधारिए म...
- और बहिरंग जीवन में?...? बहिरंग जीवन में भी यही बात है। बहिरंग जीवन में आप अनाचार को छूट दे दीजिए उसे रोकिए मत, सुधारिए मत, ...
- और बाहर से-दुनिया से क्या मिलेगा?...? दुनिया से भी बेटे आपको एक चीज मिलेगी। दुनिया आपकी कैसे देगी? भीतर वाली कशिश और भीतर वाली मैग्नेट जब...
- और मित्रो क्या होगा?...? वे परिस्थितियाँ आ जाएँगी, जो यादवों के समय आ गई थीं। यादवों ने यादवों को खा लिया। यादवों को बाहर वा...
- कई रोग असाध्य या कष्टसाध्य समझे जाते हैं, पर ऐसा नहीं है कि उनका उपाय-उपचार हो ही न सकता हो?...? मनुष्य को अपने भाग्य का विधाता इसी दृष्टि से कहा गया है कि वह जहाँ भवितव्यता से प्रेरित रहता है, वह...
- कड़ुवापन क्या है?...? कडुवापन आदमी का घमण्ड है, कड़ुवापन आदमी का अहंकार है। अपने अहंकार के अलावा कडुवापन कुछ है ही नहीं...
- कपोत चरक ने बारी-बारी सभी चिकित्सकों के सम्मुख वही प्रश्न दुहराया ‘कोऽरुक’ अर्थात् कौन रोगी होता है?...? निरोग कैसे होता है?प्रश्न के उत्तर में सभी ने अपनी मान्यता व्यक्त की। रोग मुक्त होने के निमित्त सभी...
- कब आती है शक्ति?...?
उनके साथ परोक्ष था और उनकी श्रद्धा थी, उनकी निष्ठा थी। उसने इतनी शक्ति उनके अन्दर भर दी कि मैं तो...
- कब किस दान की महिमा अत्यधिक बढ़ी-चढ़ी मानी जाती है?...? इस प्रश्न के उत्तर में एक ही बात कही जा सकती है, कि जब जिस विपत्ति का अत्यधिक प्रकोप हो, तब उसके नि...
- कबीर क्या करते थे?...? क्रियाकृत्य कितना करते थे? जप कितना करते थे? अनुष्ठान कितना करते थे? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकि...
- कभी आपने देखा है, जीभ से शब्दों की उत्पत्ति कैसे होती है?...? हमारी जो जुबान है, जिससे हम बोलते हैं, आप ये मत समझना कि जीभ के अक्षर यहाँ से हो जाते हैं। इसके अन्...
- करें स्वर्ग या मुक्ति की कामना क्यों?...?
करें मान या धन की याचना क्यों?
तुम्हीं प्राण धन हो तुम्हीं को वरेंगे॥
तुम्हारे लिए हैं तुम्ह...
- कर्म व्यवस्था से खिलवाड़?...?
मित्रो ! गुरु वह होता है, जो सिखाता है और शिष्य उसे कहते हैं, जो सीखता है। भगवान उसे कहते है...
- कर्मकाण्ड क्या है?...? कर्मकाण्ड लाश है। कर्मकाण्डों की आप निन्दा करते हैं? बेटे हम बहुत निन्दा करते हैं कर्मकाण्डों की और...
- कर्मकाण्डों में गलतियाँ किससे नहीं होतीं?...? कर्मकाण्डों में गलतियाँ तांत्रिक से होती हैं, क्योंकि उसका सारा-का आधार जड़ है। उसका आधार चेतना नहीं...
- कर्मों का फल किस प्रकार मिलता है?...? पाठकों को यह रहस्य भी आगे के लेखों में समझाया जाएगा। आकस्मिक सुख-दुःख दैविकं दैहिकं चापि ...
- कलेवर किसे कहते हैं?...? कलेवर कहते हैं—बेटे कर्मकाण्ड को। कर्मकाण्ड क्या होते हैं? कर्मकाण्ड कहते हैं—माला जपने को। कर्मकाण...
- कल्प को कर जाएँ, तब?...? मजा आ जाएगा। क्या काम करें? आप यहाँ से जाने के बाद में तीन काम और जीवन में शामिल कर लीजिये। अब तक त...
- कल्प साधना क्या है?...?
कल्प का हिन्दी अर्थ होता है—परिवर्तन। परिवर्तन—आपको हमारा बदल देने का मन है। आप अगर दु:खी जीवन ...
- कल्प साधना क्या है?...?...
- कहने का सारांश इतना ही है, आप नित्य अपनी अन्तरात्मा से पूछें कि जो हम कर सकते थे, उसमें कहीं राई-रत्ती त्रुटि तो नहीं रही?...? आलस्य-प्रमाद को कहीं चुपके से आपके क्रिया-कलापों में घुस पड़ने का अवसर तो नहीं मिल गया? अनुशासन म...
- कहने का सारांश इतना ही है, आप नित्य अपनी अन्तरात्मा से पूछें कि जो हम कर सकते थे, उसमें कहीं राई-रत्ती त्रुटि तो नहीं रही?...? आलस्य-प्रमाद को कहीं चुपके से आपके क्रिया-कलापों में घुस पड़ने का अवसर तो नहीं मिल गया? अनुशासन में...
- कहाँ गया वह सही अध्यात्म?...?
मित्रो! यदि अध्यात्म की सही दिशा हमको मालूम हो गई होती, तो अब तक न जाने हमारा देश कहाँ से ...
- कहाँ से आता है प्राण?...? गायत्री में से आता है। गायत्री ने और क्या-क्या दिया? हमको दीर्घजीवन दिया, लम्बी आयु दी, प्राण दिया,...
- कहाँ है सुख?...? मित्रो! जब हम अपने से पिछड़े एवं गुजरे हुए लोगों की ओर आँख उठाकर देखते हैं, तो मालूम होता है कि हम...
- कहाँ है हिन्दुस्तान का अध्यात्म?...? लेकिन हमारा अन्तरंग जीवन भिखारी जैसा है। जहाँ कहीं भी गये, हाथ पसारते हुए गये। लक्ष्मी जी के पास ग...
- कहाँ हैं सच्चे आदमी?...? मित्रो! हमें उनकी बहुत तलाश है, पर वे हमको नहीं मिलते। सोमवती अमावस्या पर जाते हैं, वहाँ एक भी आद...
- कहीं आप 'समझदार' तो नहीं?...? आप बहुत समझदार आदमी हैं? आप अगर समझदार नहीं होते, तो इस जमाने में जब सारी दुनिया मरने की तैयारी में...
- कान व बाँहों को जल का स्पर्श क्यों?...?
अगली क्रिया है—कर्णयोर्मे श्रोत्रमस्तु। कान हमारे ऐसे होने चाहिए, जो रेडियोएक्टिविटी के तरीक...
- कान व बाँहों को जल का स्पर्श क्यों?...? अगली क्रिया है-कर्णयोर्मे श्रोत्रमस्तु। कान हमारे ऐसे होने चाहिए जो रेडियोएक्टिविटी के तरीके से फिल...
- काम क्या करना पड़ेगा?...? यह निर्देश और परामर्श आप लोगों को समय-समय पर मिलता रहेगा। काम बदलते भी रहेंगे और बनते-बिगड़ते भी रह...
- काम क्या करना पड़ेगा?...? यह निर्देश और परामर्श आप लोगों को समय-समय पर मिलता रहेगा। काम बदलते भी रहेंगे और बनते-बिगड़ते भी रह...
- काम क्या करना पड़ेगा?...? यह निर्देश और परामर्श आप लोगों को समय-समय पर मिलता रहेगा। काम बदलते भी रहेंगे और बनते-बिगड़ते भी ...
- कार्य कैसे पूरा होगा?...? इतने साधन कहाँ से आएँगे? इसकी चिन्ता आप न करें। जिसने करने के लिए कहा है, वही उसके साधन भी जुटायेगा...
- कार्य कैसे पूरा होगा?...? इतने साधन कहाँ से आएँगे? इसकी चिन्ता आप न करें। जिसने करने के लिए कहा है, वही उसके साधन भी जुटाये...
- किन-किन ने समय को पहचाना और समय की माँग के अनुरूप अपने को समर्पित किया?...? हनुमान जी की मूर्तियाँ आपने देखी हैं। उन हनुमान जी ने समय की माँग को देखा तथा राम के कार्य के लिए स...
- किनका स्नान कराएँ?...?
बेटे! फिर एक काम कर, तेरे मुँह में यह जो सफेद-सफेद भाग दिखाई दे रहा है, यह क्या है? ये हड्डि...
- किनका स्नान कराएँ?...? बेटे! फिर एक काम कर, तेरे मुँह में यह जो सफेद-सफेद भाग दिखाई दे रहा है, यह क्या है? ये हड्डियाँ हैं...
- किन्तु उन अनगढ़ों को क्या कहा जाए जो चतुरता, विडम्बना और ठाठ-बाट की सज्जा के अतिरिक्त और किसी का लोहा मानने के लिए ही तैयार नहीं होते?...? बहुमत इसी विडम्बना का होने से, लोगों का झुकाव भी उन्हीं की ओर पाया जाता है। इसलिए तथाकथित लोकमत को ...
- किस काम के लिए बुलाया?...? तीन बातें मुझे आपसे कहनी थी और बड़ी संजीदगी के साथ कहनी थी। मैं सोचता था कि काश! आप उन तीन बातों क...
- किस जीवधारी के लिए क्या आहार उपयुक्त या अनुपयुक्त है?...? इसकी जाँच पड़ताल के लिए भीतर प्रवेश करने से पूर्व पदार्थ की आवश्यक जाँच-पड़ताल के लिए एक सुयोग्य ...
- किस प्रयोजन के लिए, किस अवसर पर, किस प्रकार, क्या संयम बरता जाय?...? यह निर्णय-निर्धारण व्यक्ति विशेष की परिस्थिति और मन:स्थिति को देखते हुए करना पड़ता है। जिसके जीवन क...
- किसकी बात कह रहे हैं?...? लौकिक जीवन की। बेटे, सिद्धान्त तो वही है। आज आप लौकिक जीवन में इसे व्यवस्थित कर लीजिए अथवा पारलौकिक ...
- किसकी मदद करें?...? मित्रो ! भगवान के दो हाथ है। एक हाथ से वह पीडित होकर के माँगता है, पतित होकर के माँगता है। आप पतितो...
- किसलिए यहाँ बुलाया?...?
देवियो, भाइयो! आज हमारा साधना सत्र समाप्त हो रहा है। आइए जरा समीक्षा करें कि हमें यहाँ किस उ...
- किसी के पास तलवार होने का तात्पर्य यह तो नहीं कि वह कहीं भी कत्लेआम कर डाले?...? अतिरिक्त बुद्धिमत्ता का तात्पर्य यह तो नहीं हो सकता कि इसके सहारे संसार की सुव्यवस्था को बर्बाद करक...
- किसी को बुखार आता है, किसी की मृत्यु होती है, पर रावण की मृत्यु?...? रावण ने ऐसी भयंकर मृत्यु देखी, जैसी किसी और ने नहीं देखी। उसने अपनी औरतों को जलते देखा, अपने बच्चों...
- किसी भी प्रगति क्षेत्र में कदम बढ़ाने से पूर्व यह सोचा और देखा जाना चाहिए कि इस प्रयास की आरम्भिक उपलब्धियाँ आकर्षक होते हुए भी क्या उसकी अन्तिम परिणति भी श्रेयस्कर है?...? तात्कालिक लाभ के लिए भविष्य को गँवा देना अदूरदर्शिता है। अदूरदर्शिता भी एक अपराधी दुष्प्रवृत्ति है,...
- किसी व्यक्ति से पूछा जाए कि आप कौन हैं?...? तो वह अपने वर्ण, कुल, व्यवसाय, पद या सम्प्रदाय का परिचय देगा। ब्राह्मण हूँ, अग्रवाल हूँ, बजाज हूँ, ...
- किसे कहते हैं मंत्र?...? मित्रो! आप विचार करते रहते हैं और प्लानिंग करते रहते हैं कि बड़े हो जायेंगे, तो हम अपने लड़के को...
- किसे कहते हैं सत्संग?...? मित्रो! हमने आध्यात्मिकता के सिद्धान्तों को केवल कहने और सुनने तक ही सीमित नहीं समझा है, जैसे कि आम...
- कुछ फायदा हो जाएगा?...? कुछ खास फायदा नहीं हो सकता, तो देवता प्रसन्न हो जायेंगे? बेटे, मैं कुछ कह नहीं सकता।...
- कुण्डलिनी क्या होती है?...? कुण्डलिनी हम करुणा को कहते हैं, विवेकशीलता को कहते हैं। करुणा उसे कहते हैं जिसमें दूसरों के दुःख-दर...
- कुण्डलिनी क्या होती है?...? जिसे हम करुणा मिश्रित विवेकशीलता कहते हैं। करुणा किसे कहते हैं? जिससे दूसरे व्यक्ति के दुःख तकलीफ ...
- कैसा सिद्धान्तवाद है यह?...?
जो आगे हाथ फैलाता है और बड़ा सिद्धान्तवादी बनता है। कहता है कि साहब! हम नहीं माँगते। हम नहीं माँग...
- कैसा हो व्यवहार?...? आप अध्यात्म के सिद्धान्त को अपनाएँ या न अपनाएँ, परन्तु इस दुनिया में जो लोग रहते हैं, उनके साथ मी...
- कैसा हो हमारी चेतना का स्तर?...? मित्रो! आपको यह मानकर ही चलना पड़ेगा कि इनके पीछे केवल संकेत और इशारे हैं। यह संकेत और इशारे बताते...
- कैसी व्यवस्था होगी?...? ऐसी व्यवस्था होगी कि कोई आदमी छोटा बड़ा नहीं होगा। गुरुजी जो छोटा बच्चा होगा वह बड़े के बराबर हो ...
- कैसी है मेरी उपासना?...?
मित्रो! उपासना की थोड़ी वाली प्रक्रिया, उपासना का थोड़ा वाला ध्यान मैंने आपको बताया है। यह स...
- कैसी है यह प्रगति?...? साथियो! आदमी से आज हमको डर लगता है। यदि यह तरक्की इसी हिसाब से होती रही, इसी हिसाब से सिद्धान्...
- कैसी हो भक्ति?...?
भक्ति का मूल्य यह है कि भक्त का मन कैसा होना चाहिए? समर्पित होना चाहिए। जिस तरीके से नाला नदी में...
- कैसे बेकार चले जाएँगे?...? देखिए-एक बार ऐसा हुआ कि पार्वती जी और शंकर जी आकाश मार्ग से बैल पर बैठकर चले जा रहे थे। शंकर जी का ...
- कैसे करें कायाकल्प?...?
(कल्पसत्र के दौरान १९८२ में दिया गया उद्बोधन)गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ— ...
- कैसे करें कायाकल्प?...?...
- कैसे प्राणवान बने साधना?...? गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो न: प्...
- कैसे प्राणवान बने साधना?...?...
- कैसे बड़ी चीज नहीं प्राप्त कर सकेंगे?...? जैसे एक सेठ जी थे। उनके यहाँ एक पच्चीस-छब्बीस साल का लड़का आया। उसने कहा कुछ काम-धंधा नहीं है हमारे ...
- कैसे बनें सन्त?...? कैसे बनें आध्यात्मिक? मित्रो! क्या हम सन्त नहीं हो सकते? हाँ, हम सन्त हो सकते हैं। हम ज्ञानी हो सकते ...
- कैसे मिलते हैं भगवान?...?
मित्रो! एक बार काकभुशुण्डि जी को भी भगवान मिले थे। उनको शंकर जी ने बताया कि रामचंद्र जी का अवत...
- कैसे मिलेंगे भगवान?...? गायत्री मंत्र का जप करने के बाद में आपको भगवान के साक्षात्कार हो जायेंगे? मैं नहीं जानता कि हो...
- कैसे विकसित हो आदर्श परिवार?...? गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो न: प्र...
- कैसे हो आध्यात्मिक कायाकल्प?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य...
- कैसे हो आध्यात्मिक कायाकल्प?...?
३. अनुग्रह के लिए अन्तराल का सुविकसित होना..
४. कायाकल्प का मर्म और दर्शन
५. कल्प साधना और उ...
- कैसे होगा समन्वय, विज्ञान और अध्यात्म का?...?...
- कैसे होगा समन्वय, विज्ञान और अध्यात्म का?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य...
- कैसे होता है कल्पवृक्ष?...? कल्पवृक्ष के बारे में कहावत है कि उसके नीचे जो कोई भी जाकर बैठता है उसकी मनोकामनाएँ पूरी हो जाती है...
- कोई बीमार है?...?
(पण्डित लीलापत शर्मा जी, पूज्य गुरुदेव के प्रारम्भिक शिष्यों में से थे। सन् 1953 में, डबरा म.प्र. म...
- कोई सामान्य मनुष्य ब्रह्मा कैसे हो सकता है?...? कोई सामान्य मनुष्य विष्णु कैसे हो सकता है? कोई सामान्य मनुष्य महेश कैसे हो सकता है? इतनी जो महत्ता ...
- कोठरी मन की सदा रख साफ बन्दे, कौन जाने कब स्वयं प्रभु आन बैठे?...?
तुम बुलाते हो उसे यदि भावना से, कौन जाने कब निमन्त्रण मान बैठे?दर्द यदि उभरे कभी मन में तुम्हारे...
- कोरिया के एक किसान यांग का नाम सुना है आपने?...? जिस तरह हमारे यहाँ गाँधी जी की तस्वीरें घरों में टँगी रहती हैं, दक्षिण कोरिया में यांग की तस्वीर टँ...
- कौन क्या करे?...? यह निर्धारण अति सरल है। अपनी मनःस्थिति और परिस्थिति के अनुसार नवसृजन की त्रिवेणी की किसी भी धारा ...
- कौन झल्ला रहा है?...? बाप। बाप कौन है? सविता-हमारा पिता। एक आँख प्यार की और एक आँख सुधार की। प्यार की आँख गायत्री माता के...
- कौन सा अध्यात्म?...? जिसमें देवी-देवताओं को पागल और अहमक समझा जाता है। अहमक और पागलों से उल्लू सीधा करने के लिए तरह-तर...
- कौन सा सस्ता उपाय करें?...? बस, सत्यनारायण की कथा कहलवा लीजिए और पण्डित जी को सवा रुपया दे दीजिए। इहलोके सुखं भुक्तवा, चान्ते सत...
- कौन सी दिशाएँ हैं?...? बेटे, एक उत्थान की दिशा है और एक पतन की दिशा है। एक को हम देव कहते हैं और एक को दैत्य कहते हैं।...
- कौन से सूरदास की?...? उस सूरदास की, जो प्रतिभावान् था। मैं किसकी प्रशंसा कर रहा हूँ? भक्ति की? भक्ति की बाद में, सबसे प...
- कौन से सूरदास की?...? उस सूरदास की, जो प्रतिभावान था। मैं किसकी प्रशंसा कर रहा हूँ? भक्ति की? भक्ति की बाद में, सबसे पहले...
- कौन है आस्तिक, कौन है ईश्वरविश्वासी?...?
मित्रो! हम अपनी आँखों का तेजस् खो बैठे हैं। यदि वह तेजस् हम न खो बैठते, तो हम आस्तिक कहलाते और ...
- कौन है क्षत्रिय?...?
ब्राह्मण वह होता है, जो सारे संसार को देता है और क्षत्रिय? क्षत्रिय क्या करता है? अनाचार-अत्याचार...
- कौन है दैत्य?...? मित्रो! यह अलंकार है। काले रंग से कोई मतलब नहीं है और सफेद रंग से कोई मतलब नहीं है। जिनके दाँत बड़े...
- कौन है भोगी, कौन है योगी?...?
मित्रो! आपको न केवल भावनाओं की दृष्टि से, बल्कि क्रियाओं की दृष्टि से भी असल में योगी होना चाह...
- कौन है योगी, कौन है तपस्वी?...? मित्रो! आप यहाँ से जाने के पश्चात् योगी बनकर रहना और तपस्वी बनकर रहना। योगी और तपस्वी की परिभाषाए...
- कौन है सन्त?...?
मित्रो! चार सौ करोड़ इनसान में से जब सब मुक्ति को चले जाएँगे, तब सबसे पीछे वाले इनसान हम होंगे, ...
- कौन हैं देव?...? मित्रो! देव कैसे होते हैं? देव ऐसे होते हैं कि उनके रंग सफेद होते हैं। देव हमेशा जवान रहते हैं। दे...
- कौन हैं देवता?...?
एक बार ब्रह्मा जी के पास देवता और दानव दोनों ही गए, दोनों बोले—पितामह ! आप यह बताइए, इनको प्यार ...
- कौन-कौन टँगा हुआ है?...? जमीन वालों के नाम बताइए? जमीन वालों के नाम बताता हूँ—अभी। बताइए एक-आध का नाम? चलिए मैं औरों के नाम ...
- क्या आप चाहते है?...? आपको देवत्व के स्थान पर तीन चार सौ रुपये की नौकरी दिलवा दें। कोई देवता, सन्त या आशीर्वाद या कोई मन्...
- क्या इतिहास की पुनरावृत्ति फिर होना सम्भव है?...? हाँ इतिहास की पुनरावृत्ति होना सम्भव है और हम करके दिखाएँगे। मित्रो! संस्कृति की सीता को, जिसके बारे...
- क्या इसी का नाम है स्वर्ग?...? मित्रो! हिन्दुओं के स्वर्ग के बारे में जैसा कि मैंने पढ़ रखा है, उसके मुताबिक हिन्दुओं का स्वर्ग भ...
- क्या उपाय करना चाहिए वातावरण संशोधन करने के लिए?...? वायुमण्डल भी दूषित है। वातावरण ही नहीं, वायुमण्डल भी। कैसे? ये कारखाने चलते हैं, मिलें चलती हैं। इनका...
- क्या ऐसा भी सम्भव है कि बालकों को लिखने की पट्टी पर मनके सरकाकर गिनती सिखाने, अथवा तीन पहिए की गाड़ी का सहारा लेकर चलना सिखाने की तरह, किन्हीं अभ्यासों के माध्यम से जनसाधारण को भी प्रतिभा सम्पादित करने की दिशा में अग्रसर किया जा सके?...? उत्तर हाँ में भी दिया जा सकता है। जनसामान्य शारीरिक अंग-अवयवों की पुष्टाई के लिए अखाड़े जाने की विध...
- क्या करते है साहब?...? गायत्री माता का जप करते हैं। यह तो बहुत अच्छी बात है। किस काम के लिए करते है? साहब! हमारे पड़ोसी के...
- क्या करना पड़ेगा?...? बेटे! फिर आपको वहाँ से वापस चलना पड़ेगा, जहाँ कि हमारी सन्त-परम्परा के अनुरूप हम घर घर जाएँ और जन-जागर...
- क्या करना है?...? इस बार बारह वर्ष के लिए भगवान की यह प्रेरणा आई है कि इन बारह वर्षों में हम सबों को ज्यादा से ज्यादा...
- क्या काम करना है?...? एक तो हमको मनस्वी तैयार करने हैं और दूसरे-तपस्वी तैयार करने हैं। मनस्वी कैसे होते हैं? मनस्वी ऐसे ह...
- क्या किताब ने यह क्रान्ति की?...? अरे किताब नहीं, दर्शन। किताब की बात नहीं कहता मैं आपसे। मैं कहता हूँ दर्शन। दर्शन अलग चीज है। विचार...
- क्या किया जिन्दगी का?...? मित्रो! सारी जिन्दगी हम अपूर्णता में, चौरासी लाख योनियों में घूमते चले आये। अपूर्णता से पूर्णता म...
- क्या कुम्भ में हिमालय की बड़ी हस्तियाँ भी आती हैं?...?
श्री शान्तिलाल आनन्द, भोपाल
घटना सन् 86 की है, परम पूज्य गुरुदेव तब सूक्ष्मीकरण साधना से निकले ही...
- क्या तृतीय विश्वयुद्ध होकर ही रहेगा?...?
152. नव सृजन के साथ जुड़ी ध्वंस की अनिवार्यता
153. सृजन म...
- क्या नौ दिन मात्र काफी नहीं हैं?...? नहीं, नौ दिन काफी नहीं हैं। यह अभ्यास है सारे जीवन को कैसे जिया जाना चाहिए, उसका? आप इस शिविर में आ...
- क्या बात बतानी चाहिए थी?...? आप कौन हैं? हम तो साहब! यदुवंशी राजपूत हैं तो आप में कोई ब्राह्मण भी है क्या? नहीं साहब! ब्राह्मण...
- क्या बात है?...? उस ब्रह्मतेज की ताकत समझें
लोमष ऋषि बाहर आए और देखा कि बाहर गुरु वसिष्ठ और राजा दशरथ खड़े ह...
- क्या बात है?...? उस ब्रह्मतेज की ताकत समझें लोमष ऋषि बाहर आए और देखा कि बाहर गुरु वसिष्ठ और राजा दशरथ खड़े हुए हैं, ...
- क्या बिना सम्पन्न लोगों की सहायता लिये, बिना वर्तमान पुस्तक विक्रेताओं की मोटे मुनाफे की माँग पूरी किये, ऐसा हो सकता है कि जनसाधारण का उपयोगी लोक साहित्य लागत मूल्य पर छपने लगे और घर-घर तक पहुँचने लगे?...? हमारा विश्वास है कि यह असम्भव नहीं है। समय अपनी आवश्यकता पूरी करने के लिए रास्ता निकालेगा और छाये हु...
- क्या भगवान हमारा नौकर है?...? साथियो! भगवान के इशारे पर हम चलने के लिए तैयार नहीं हैं। हम तो ‘बॉस’ हैं और भगवान हमारा नौकर है। ...
- क्या मतलब है इसका?...? इसका अर्थ है कि भगवान के संकेत और भगवान के इशारे और भगवान के निर्देश आपके लिए मान्य होने चाहिए और...
- क्या मतलब है इसका?...? इसका मतलब है कि माला घुमाइए और दूध भी जाइए। माला माने लाठी। लाठी गाय के थन से लगाइए और चूसते चले जा...
- क्या मतलब है?...? शरीर से। श्रम से खेती-बाड़ी होती है। श्रम से मकान बनते हैं। श्रम से कारखाने चलते हैं। यह कौन करता है...
- क्या मनुष्य के लिए भी प्रकृति यही न्याय नीति बरतने वाली है?...? उसके विधान में किसी से भी पक्षपात करने या किसी को भी छूट देने की गुंजाइश नहीं है, सो इसमें जरा भी स...
- क्या माँगें हैं भगवान की?...? आप अखण्ड-ज्योति के सब पाठक हैं और जानते हैं कि प्रज्ञावतार ने क्या माँगा है? प्रज्ञावतार ने यह माँग...
- क्या यह सम्भव है?...? सम्भव है। मित्रो! इस प्रसंग पर मुझे एक कहानी याद आ जाती है-एक थे सेठ जी। पण्डित जी ने उन्हें यह समझा ...
- क्या यह सब भयावह स्वरूप वास्तव में घटित होगा, क्या मानवता के वर्तमान स्वरूप का अन्त इतना ही दुःखद होगा?...? इस सन्दर्भ में एक घटना ऐसी स्मरण की जा सकती है जो तीन वर्ष पूर्व एकाएक ही सबके रोंगटे खड़े कर गयी थी...
- क्या यह हो सकता है?...? बेटे, ऐसा नहीं हो सकता, तो ये देवी-देवता क्या हैं? ध्यान लगाने के लिए खिलौने हैं। देवी-देवता में भग...
- क्या यही अध्यात्म है?...? हाँ बेटे, यही अध्यात्म है और यही धर्म है। यही भगवान की भक्ति है। हमको और आपको भगवान की यही भक्ति ...
- क्या यही है हिन्दुस्तान का अध्यात्म?...? मित्रो! हमको बड़ी घृणा होती है और बड़ी नफरत होती है कि क्या हिन्दुस्तान ऐसे लोगों से ही भरा हुआ पड़ा...
- क्या व्यक्ति के रूप में भी भगवान का अवतार होता है?...? चलिए अब मैं आपकी बात का भी समर्थन करने को तैयार हूँ कि व्यक्ति के रूप में अवतार होता है। साकार रूप ...
- क्या व्यक्ति के रूप में भी भगवान् का अवतार होता है?...? चलिए अब मैं आपकी बात का भी समर्थन करने को तैयार हूँ कि व्यक्ति के रूप में अवतार होता है। साकार रू...
- क्या शिव कहीं है?...? अगर हैं तो उनकी क्रियापद्धति क्या है? इन प्रश्नों का उत्तर बालविनोद की तरह नहीं दिया जाना चाहिए। उन...
- क्या सम्भावना है?...? ? जिस ब्रह्मवर्चस का आप उद्घाटन करने के लिए आए हैं, यह महाकाल की एक सम्भावना है। हम अध्यात्म की एक न...
- क्या साम्प्रदायिकता कुछ ठण्डी हुई है?...? नहीं, यह बिल्कुल ठण्डी नहीं हुई? विवाद एक जगह ठण्डा नहीं होने पाता कि कहीं और तैयारियाँ शुरू हो जात...
- क्या हम जिन्दगी भर, अपने बीबी-बच्चों को ही खिलाते रहेंगे?...? जिस पर मनुष्य का भविष्य टिका है, क्या उसके लिए कुछ नहीं कर सकेंगे? अपने लिये अधिक, समाज के लिए ...
- क्या हम जिन्दगी भर, अपने बीबी-बच्चों को ही खिलाते रहेंगे?...? जिस पर मनुष्य का भविष्य टिका है, क्या उसके लिए कुछ नहीं कर सकेंगे? अपने लिये अधिक, समाज के लिए इतना...
- क्या हुआ था उनका?...? उनके तीन काम हुए थे। मालवीय जी को सबसे पहले पंचकर्म करने पड़े थे। पंचकर्म किसे कहते हैं? पंचकर्म कह...
- क्या है अध्यात्मवादी दृष्टिकोण?...? नम्बर दो वाला दृष्टिकोण-अध्यात्मवादी दृष्टिकोण है, जो कहता है कि अगर हम अपनी भीतर वाली स्थिति को सु...
- क्या है आध्यात्मिक महत्त्वाकांक्षा?...? लेकिन मित्रो! एक महत्त्वाकांक्षा ऐसी है जिसको पूरा करने का हक हमको है और हम उसे पूरा कर सकते हैं। व...
- क्या है आध्यात्मिक साम्यवाद?...? मनुष्यो! तुम समाज को दो, समाज तुमको देगा। समाज को उन्नतिशील बनाओ, समाज तुम्हें उन्नतिशील बनायेगा। र...
- क्या है आध्यात्मिकता?...?
देवियो, भाइयो! आज की दुनिया नासमझों की है। कैसे? जो आदमी नामवरी के लिए, तारीफ के लिए, राजसत्...
- क्या है तप?...? क्या है तितिक्षा?
मित्रो! तेल से मेरा क्या मतलब है, आप समझते नहीं हैं। इससे मेरा मतलब है कि आप...
- क्या है तपस्या?...?
क्या तपस्या इसी को कहते हैं? तपस्या वह दीपक है, वह अग्नि है, जिस प्रकार अग्नि के पास बैठने से गर...
- क्या है प्रेम?...? मित्रो! प्रेम दूसरी चीज का नाम है। प्रेम उस चीज का नाम है जिसमें कि आदमी दूसरों को खिलाने के ल...
- क्या है बढ़ती ख्वाहिशों का समाधान?...? मित्रो! समाधान किस तरीके से हो सकता है? समाधान होने का तो सिर्फ एक ही तरीका है जो रामायण में है और ...
- क्या है भगवान का असली स्वरूप?...?
लेकिन मित्रो! भगवान का असली स्वरूप वह है, जो मैंने आपको निवेदन किया। राम और कृष्ण—दोनों ने अपन...
- क्या है मनुष्य जीवन का लक्ष्य?...?
मित्रो! मनुष्य ने कहा—नहीं। क्यों? उन्होंने कहा—दो आकर्षण ऐसे जबरदस्त हैं, जो हमको टस से मस नह...
- क्या है यज्ञ की विचारधारा?...? मित्रो! यज्ञ के द्वारा हम यह साबित करते हैं और बताते हैं कि हम लोग स्वार्थी नहीं हैं। आपको इस हवन स...
- क्या है श्रद्धा?...?
कहीं-न-कहीं कमी है बेटे! सम्भव है, हममें कोई कमी हो। हममें नहीं है, तो आपकी आस्थाओं में कमी है, आ...
- क्या है सारी समस्याओं का कारण?...? मित्रो! हमको क्या करना पड़ेगा? गहराई में प्रवेश करना पड़ेगा।...
- क्या है सुख?...? नहीं साहब! सुख उसे कहते हैं जो आराम से बैठा रहता है। उसे कोई काम नहीं करना पड़ता। उसके पास कोई ...
- क्या है सृष्टि का क्रम?...? मित्रो! सृष्टि का क्रम किस तरीके से चलता है, जरा गौर कीजिए और देखिए कि दुनिया किस तरीके से चल रही ह...
- क्या है हमारा असली शिक्षण?...? मित्रो! हमारा असली शिक्षण क्या है? हमारा असली शिक्षण वहाँ से शुरू होता है, जब हमारे चौबीस अनुष्ठा...
- क्या है हमारा असली स्वरूप?...? हमारा असली स्वरूप वह है जिसके द्वारा हम इंसान में इन्सानियत पैदा करना चाहते हैं। इंसान में हम देव...
- क्या है हमारी वसीयत?...? मित्रो! उस गाँव में हमारे घर वालों ने कहा, खानदान वालों ने कहा कि यह जमीन हमें दे जाइये। हमने ...
- क्या हो पूजा का उद्देश्य?...? पात्रता का विकास करना, यही भक्ति का मूलभूत उद्देश्य है। भगवान के सब प्यारे हैं। प्रार्थना करें तो...
- क्या-क्या तीन चीजें हैं?...? मित्रो! एक चीज है—दूध। दूध से खोवा-मावा बन जाता है, रबड़ी बन जाती है, घी बन जाता है, मक्खन बन जाता...
- क्यों और क्या?...? पहले यहाँ से चल। भजन पीछे करना। ये क्या चक्कर है? पहले ये पूछना, फिर इसके बाद शुरू करना। ये आपकी क्...
- क्यों और क्या?...? पहले यहाँ से चल। भजन पीछे करना। ये क्या चक्कर है? पहले ये पूछना, फिर इसके बाद शुरू करना। ये आपकी क्...
- क्यों प्रगति पथ में तुम्हारे, हो रहा उत्पन्न भय?...?
श्रम बिना ही चाहते हो, क्या सफलता पर विजय?
सोचते हो क्या? गिने क्षण ही तुम्हारे पास हैं।
हाथ...
- क्यों राम नाम लेता है तू?...? राम का नाम लेता है तू? चालाक! बेईमान! सब भार सौंप दिया भगवान तुम्हारे हाथों में। क्या-क्या सौंप दिय...
- क्यों रुके हो?...? साधना के क्षेत्र में आगे बढ़ो।
क्यों रुके हो? साधना के क्षेत्र में आगे बढ़ो॥क्यों प्रगति पथ में त...
- क्यों रुके हो?...?...
- क्यों साहब हम भी बूढ़े हो जाएँ और ऐसा कुछ करें?...? नहीं भाईसाहब, अब वह वक्त चला गया, आप समय को तो पहचानते नहीं। भगवान कभी-कभी हाथ पसारता है।...
- क्यों साहब, क्या बात थी कि हनुमान जी में इतनी ताकत कहाँ से आ गई?...? यह वहाँ से आ गई जहाँ से उन्होंने अध्यात्म को अपने जीवन में उतार लिया था। अध्यात्म जीभ की नोक तक पूज...
- क्यों साहब, क्या बात थी कि हनुमान जी में इतनी ताकत कहाँ से आ गई?...? यह वहाँ से आ गई जहाँ से उन्होंने अध्यात्म को अपने जीवन में उतार लिया था। अध्यात्म जीभ की नोक तक, पू...
- क्यों साहब, लम्बी उम्र हो सकती है?...? हाँ लम्बी उम्र हो सकती है। कौन-कौन की हो सकती है? बहुतों की हो सकती है। क्यों साहब आपने भी देखी है।...
- क्यों सिकुड़ा बैठा है?...? श्री लक्ष्मण अग्रवाल, बिलासपुरशक्ति पीठों के उद्घाटन हेतु जब छत्तीसगढ़ में पूज्यवर का कार्यक्रम चल र...
- क्योंकि इसका जो अर्थ तू समझता हैं, वह दृश्य को समझता है, कृत्य को समझता है, पदार्थ को समझता है, यही मतलब है न तेरा?...? लेकिन पदार्थ का क्या मूल्य हो सकता है, क्या महत्त्व हो सकता है? पदार्थ को तो घर में चूहे भी खा जाते...
- क्रियाएँ क्या करनी पड़ती थीं?...? कैसी क्रियाएँ करनी पड़ती थीं? शरीर से करनी पड़ती थीं जैसे माला घुमानी पड़ती थी, किससे घुमानी पड़ती थी? ...
- क्वांटा अचेतन है या चेतन?...? इस प्रश्न का समाधान अब वैज्ञानिक क्षेत्र ही इस तरह करने जा रहे हैं जिस तरह अध्यात्म द्वारा प्रतिपाद...
- कड़ुवापन क्या है?...? कड़ुवापन आदमी का घमंड है, कड़ुवापन आदमी का अहंकार है। अपने अहंकार के अलावा कड़ुवापन कुछ है ही नहीं। आप...
- खदानें कैसे बनती हैं आप जानते हैं?...? खदानों में कहीं थोड़ा लोहा, कहीं पीतल, कहीं चाँदी होती है; अपने चुम्बकत्व से दूर-दूर तक फैले हुए छोट...
- खरे सोने की ही पूरी कीमत उठती है, भले ही उसे स्वर्ण विक्रेता की दुकान पर क्यों न ले जाया जाए?...? खोटे सिक्के हर जगह दुत्कारे जाते हैं, उनकी असलियत तो अन्ध भिखारी भी अनुमान लगाने भर से जान लेता है।...
- खुशहाली के वातावरण में रहने और चैन की जिन्दगी बिताने वालों को यह पता ही नहीं कि देशवासी किस स्थिति में रह रहे हैं और पड़ोसियों के प्रति जिम्मेदारी निभाने का क्या अर्थ होता है?...? यह जानकारी देशाटन से ही प्रत्यक्ष अनुभव में आती है।‘‘पिकनिक’’ मन हल्का करने का एक अच्छा मनोरंजन मान...
- खोजने पर ऐसे अनेकों सूत्र हाथ लग सकते हैं जो ज्ञानयज्ञ की, विचारक्रान्ति की, सत्प्रवृत्ति सम्वर्द्धन की, दुष्प्रवृत्ति उन्मूलन के लिये कौन, क्या किस प्रकार कुछ कर सकता है?...? इसकी खोज-बीन करते रहने पर हर जगह हर किसी को कोई न कोई मार्ग मिल सकता है। ढूँढ़ने वाले अदृश्य परमात्...
- गलतियाँ न होने देने का तरीका क्या है?...? क्या हम करेंगे? अपने आप में जो कच्चाइयाँ आयेंगी, जब आपको कच्चाइयाँ यह मजबूर करेंगी कि जो करते रहे ह...
- गवर्नमेण्ट बनाने की जिम्मेदारी किसकी है?...? आपकी और हमारी। पाँच वर्ष बाद हमको यह अधिकार मिलता है कि हम किस तरीके से हुकूमत बदल सकते हैं और कै...
- गवर्नमेण्ट बनाने की जिम्मेदारी किसकी है?...? आपकी और हमारी। पाँच वर्ष बाद हमको यह अधिकार मिलता है कि हम किस तरीके से हुकूमत बदल सकते हैं और कैसे...
- गाँधीजी ने वकालत की होती तो वकालत में कितना कमा लेते?...? लेकिन जब उन्होंने अपना समय सेवा में लगा दिया तो आप बताइए, क्या कमी रह गई उनके पास। उन्होंने इस्तेमा...
- गायत्री उपासना की सफलता के आधारभूत तथ्य — उपासना सफल कैसे हो?...?...
- गायत्री उपासना सफल एवं सार्थक कैसे बने?...? गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो न: प्...
- गायत्री उपासना सफल एवं सार्थक कैसे बने?...?
१५. हमारी स्वयं की गायत्री उपासना कैसे फली?...
- गायत्री का पौराणिक पक्ष क्या है?...? अब मैं आपको चलिए यह समझाने की कोशिश करता हूँ कि गायत्री क्या है? पौराणिक कथाएँ हमारे सामने हैं। इनक...
- गायत्री का लाभ प्राप्त करने के लिए क्या करना पड़ेगा?...? गायत्री का जप करना पड़ेगा। पुरश्चरण करने पड़ेंगे। ध्यान करना पड़ेगा। गायत्री चालीसा का पाठ करना पड़ेगा।...
- गायत्री किसका नाम है?...? ऋतम्भरा प्रज्ञा का। गायत्री किसे कहते हैं? ऋतम्भरा प्रज्ञा को। गायत्री कोई देवी नहीं होती, कोई देवत...
- गायत्री किसका नाम है?...? ऋतम्भरा-प्रज्ञा का। गायत्री किसे कहते हैं? ऋतम्भरा-प्रज्ञा को। गायत्री कोई देवी नहीं होती, कोई देवत...
- गायत्री की महत्ता के बारे में कितना सारा बताया गया है, कितने गुण गाए गए हैं?...? लेकिन आमतौर से आदमी निराश देखे गए हैं और यह कहते सुने गए हैं कि हमको वे लाभ सुनने को तो मिलते हैं, ...
- गायत्री के दो अर्थ हैं, आप तो एक ही अर्थ समझ पाते हैं तो क्या समझ पाते हैं?...? आपको तो मात्र प्रयोग मालूम है। गायत्री की प्रैक्टिस ही मालूम है। गायत्री का जप कैसे किया जाता है, य...
- गायत्री के दो अर्थ हैं, आप तो एक ही अर्थ समझ पाते हैं तो क्या समझ पाते हैं?...? आपको तो मात्र प्रयोग मालूम है। गायत्री की प्रेक्टिस ही मालूम है। गायत्री का जप कैसे किया जाता है, य...
- गायत्री क्या है?...? गायत्री वास्तव में ज्ञान की गंगा है। गायत्री फिलॉसफी है। गायत्री क्रिया है। क्रिया की जान-पहचान आ...
- गायत्री क्या हो सकती है?...? उसका वाहन हँस क्या हो सकता है? उसका सार और आधार समझाने की हमने भी कोशिश की है कि गायत्री उपासना से ...
- गायत्री मंत्र का अर्थ क्या है?...? गायत्री मंत्र का अर्थ है—अवांछनीयता के विरुद्ध संघर्ष। गायत्री मंत्र के ‘भर्गो’ शब्द के माने हैं—जो...
- गायत्री मंत्र की महिमा के बारे में कि इस मंत्र से क्या लाभ हो सकता है?...? इसके बारे में अथर्ववेद की एक बहुत अच्छी साक्षी आती है। अथर्ववेद के गवाह से अच्छा कोई और गवाह चाहिए ...
- गायत्री मंत्र की महिमा के बारे में कि इस मंत्र से क्या लाभ हो सकता है?...? इसके बारे में अथर्ववेद की एक बहुत अच्छी साक्षी आती है। अथर्ववेद के गवाह से अच्छा कोई और गवाह चाहिए ...
- गायत्री मंत्र कीर्ति कैसे प्रदान करता है?...? कीर्ति उसे कहते हैं, जिससे आदमी को गर्व हो सकता है। हमने जिन्दगी इस तरह से बिताई कि जिससे हमको गर्व ...
- गायत्री मंत्र के बारे में कहा गया है कि ये प्रजा दिया करती है और चौथी क्या चीज देती है?...? चौथी चीज देती है आदमी को कीर्ति। कीर्ति और ख्याति मे फर्क है—आप ध्यान रखना। ख्याति क्या होती है? ख्...
- गायत्री मंत्र के बारे में कहा गया है कि ये प्रजा दिया करती हैं और चौथी क्या चीज देती है?...? चौथी चीज देती है-आदमी को कीर्तिं। कीर्तिं और ख्याति में फर्क है, आप ध्यान रखना। ख्याति क्या होती है...
- गायत्री मंत्र कैसे जपें?...?
मात्र अक्षर दोहरा लेने से तो स्कूली बच्चे प्रथम कक्षा में ही बने रहते हैं। उन्हें प्रशिक्षित बनने...
- गायत्री मंत्र क्यों जपें?...?
मित्रो! अध्यात्म में जो शिक्षण हम प्राप्त करते हैं, उसको जीवन में उतारना पड़ता है। इससे कम में ...
- गायत्री माता क्या हो सकती है?...? गायत्री बेटे, आपकी जीवात्मा हो सकती है और वह उच्चस्तरीय जीवात्मा जब आपके अन्तःकरण में प्रवेश करती है...
- गायत्री या सावित्री झूठवान को माला पहनाएँगी?...? नहीं भाई साहब। आप झूठवान हैं, हम आपको माला नहीं पहनाएँगे। आप हमारे साथ चलिए और हमारी सहायता कीजिए...
- गिद्ध गिलहरी बन सकते हैं?...?
साथियो! मैं जानता हूँ कि आपके पास ताकत बहुत कम है और आप कह सकते हैं कि हमारे पास इतनी सामर्थ...
- गिद्ध-गिलहरी बन सकते हैं?...? साथियो! मैं जानता हूँ कि आपके पास ताकत बहुत कम है और आप कह सकते हैं कि हमारे पास इतनी सामर्थ्य नहीं...
- गुरु जी, सिद्धियों का दूसरा तरीका बताइए?...? क्या तरीका बताएँ? कोई ऐसा मंत्र बताइए कि जिससे काली हमारे काबू में आ जाए, देवी हमारे काबू में आ जाए...
- गुड़-गोबर किसे कहते हैं?...? जो न खाने के काम आता है, न लीपने के काम आता है। यह क्या लाए साहब! यह तो गुड़-गोबर लाए। गुड़ में गोबर ...
- गोदी में ले लेगा, जरा बताना तो सही?...? भजन की कीमत पर ले लेगा। क्या होता है भजन? बकवास को भजन कहते हैं? अक्षरों के उच्चारण को भजन कहते हैं...
- गोष्ठियों में अक्सर भाइयों को डाँट पिलाते थे, ‘‘तू गर्मा-गर्म रोटी खाएगा और छोरी तेरे लिये बैठी रहेगी?...? बेटा! ये गर्म रोटी माँगे तो मुझे बताना।’’ बहनों को भी उन्होंने खूब आगे बढ़ाया। सामान्य बातचीत में भी...
- गोस्वामी तुलसीदास जी जब रामायण का निर्माण करने लगे तो उनके मन में एक विचार आया कि इतना बड़ा ग्रंथ जिसके जहाज पर बिठा करके संसार के प्राणियों का उद्धार किया जा सकता है, उसे बनाने के लिए मुझे क्या करना चाहिए?...? इसके लिए किस शक्ति का सहारा लिया जाना चाहिए? उन्होंने यह कहा कि भवानी शंकर की वंदना करनी चाहिए और उ...
- गोस्वामी तुलसीदास जी जब रामायण का निर्माण करने लगे तो उनके मन में एक विचार आया कि इतना बड़ा ग्रंथ जिसके जहाज पर बिठा करके संसार के प्राणियों का उद्धार किया जा सकता है, उसे बनाने के लिए मुझे क्या करना चाहिए?...? इसके लिए किस शक्ति की सहायता लेनी चाहिए? उन्होंने यह कहा कि भवानी-शंकर की वंदना करनी चाहिए और उनकी ...
- ग्रेजुएट कौन होता है?...? ग्रेजुएट तपस्वी होता है। तपस्वी किसे कहते हैं? सन्त को तपस्वी कहते हैं। सन्त किसे कहते हैं? जैसे मक्ख...
- ग्वाल-बालों की बात सुनी है न आपने?...? ग्वाल-बाल भगवान के परमप्रिय मित्र थे, उनके सहयोगी थे, सहचर थे, सखा थे, लेकिन ग्वाल−बालों को उन्होंन...
- घर के सदस्यों के मन में अभी भी एक क्षीण आशा थी, कि शायद वह घर में बैठकर कुछ पूजा-पाठ करे?...? पर क्रान्तिकारियों का हर कदम अनूठा होता है। उसने भक्ति की नयी व्याख्या की। संसार और कुछ नहीं परमात्...
- घरेलू उपयोग में आने वाले जानवर भी बिना सिखाए-सधाए अपना काम ठीक तरह कहाँ कर पाते हैं?...? बछड़ा युवा हो जाने पर भी अपनी मर्जी से हल गाड़ी आदि में चल नहीं पाता। घोड़े की पीठ पर सवारी करना, उसे ...
- घरों में सुसंस्कारिता कैसे पनपे, फले फूले?...?...
- घिनौना तो मैं क्यों कहूँ?...? पर आप यह मान सकते हैं कि घटिया स्तर का जीवन था।...
- चमत्कार की घुसपैठ इस क्षेत्र में कैसे हुई?...? इसका आधार तपश्चर्या के आधार पर उपलब्ध होने वाली अतीन्द्रिय क्षमता के साथ जुड़ता-सा दीखता है। अन्तराल...
- चरक ऋषि को आप जानते हैं क्या?...? चरक ऋषि प्राचीनकाल में हुए हैं। उन्होंने दवाओं, प्राकृतिक औषधियों के सम्बन्ध में शोधें की थीं, खोजे...
- चलिए, अब इसके बाद क्या करना चाहिए?...? इतना सब कुछ कर लेने के बाद जप और ध्यान करना चाहिए। जप किसका करना चाहिए? कितना करना चाहिए? गायत्री-म...
- चाणक्य, चाणक्य को कौन वेतन देता था?...? केवल फटे-पुराने कपड़े पहनते थे और जंगलों में रहते थे और फूस की झोंपड़ी में रहते थे। उनकी आवश्यकता कम ...
- चित्रकारों ने बढ़िया से बढ़िया चित्र किस माध्यम से बनाए हैं?...? ब्रुश के माध्यम से। ब्रुश से क्या बनता है? तसवीरें बनती हैं, पेंटिंग बनती हैं। अच्छा चलिए हम आप...
- चेतना कितनी सामर्थ्यवान है?...? बेटे, चेतना की सामर्थ्य दिखाने के लिए मैं आपको बीस लाख वर्ष पहले ले जाना चाहूँगा, जबकि पृथ्वी छोटे-...
- चेतना कितनी सामर्थ्यवान है?...? बेटे, चेतना की सामर्थ्य दिखाने के लिए मैं आपको बीस लाख वर्ष पहले ले जाना चाहूँगा, जबकि पृथ्वी छोटे-...
- चेले ने सोचा कि जब मौलवी साहब आ जायेंगे, तो हमारी क्या चलेगी तथा हमें कौन पूछेगा?...? उसने एक चाल चली और गाँव के हर मुसलमान के घर गया और औरत, बच्चे, बूढ़े प्रत्येक नर-नारी से एक ही बात क...
- चोट की मरहम पट्टी की जा सकती है, पर समस्त रक्त में फैले हुए ‘‘रक्त कैंसर’’ को मरहम पट्टी से कैसे ठीक किया जाए?...? एक दिन तो कोई किसी को मुफ्त में भी रोटी खिला सकता है, पर आए दिन की आवश्यकताएँ तो हर किसी को अपने बल...
- चोर कभी मालदार हुए हैं?...? चोर कभी मालदार नहीं हो सकते। डाकू कभी मालदार हुए हैं? इनको ढेरों रुपयों की आमदनी हुई है, पर ये कभ...
- छप्पर फाड़कर कदाचित ही किसी के घर में स्वर्ण वर्षा हुई हो?...? दूसरों के सहारे, पराश्रित रहकर कदाचित् ही किसी ने गौरव भरा जीवन जिया हो? उत्तराधिकार में भी किसी को...
- जब आती है हूक, जब आती है उमंग तो फिर क्या हो जाता है?...? रोकना मुश्किल हो जाता है और जो आग उठती है, ऐसी तेजी से उठती है कि इन्तजार नहीं करना पड़ता। जब वक्त आ...
- जब वह समझ जाता है कि मैं क्या हूँ?...? तब उसे वास्तविक ज्ञान हो जाता है और सब पदार्थों का रूप ठीक से देखकर उसका उचित उपयोग कर सकता है। चाह...
- जब विद्यातंत्र तिरोहित हो गया और उसके हर कोने पर उदरपूर्ति से सम्बन्धित शिक्षा ही कब्जा किए हुए हो, तब सद्ज्ञान के केन्द्रों का सञ्चालन एवं निर्माण कहाँ से बन पड़े?...? धर्मशालाएँ बनवाकर नाम कमाने वाले अधिक-से-अधिक इतना कर पाते हैं कि कोई मुफ्त दवा देने वाला औषधालय, स...
- जानवर देवी के लिए काटते हैं?...? क्या मतलब होता है देवी के लिए काटने का? धर्म होता है? देवी खून पीती है? देवी कभी खून नहीं पी सकती। ...
- जारी रखने में यह प्रश्न है कि अब तक जो बन चुका उसका क्या होगा?...? इस कार्य पर जो असाधारण लागत लग रही है, वह कब तक लगती रहेगी। फिर प्रयोग में दस-पाँच आयुध ही आने के उ...
- जितेन्द्र- गुरुजी को आपने पिता के अलावा उनमें अध्यात्म क्या देखा?...? ओमप्रकाश जी- मैं एक साधारण व्यक्ति हायर सेकेण्डरी स्कूल का टीचर पोलिटिकल साइंस पढ़ाता हूॅं यदि आप मु...
- जिन लोगों की इस तरह की उच्चकोटि की विचारधारा हो, क्या वे स्वर्ग में नहीं रहते?...? स्वर्ग बनाये जाते हैं? बने बनाये कहीं नहीं हैं। बना बनाया स्वर्ग है कि नहीं, मुझे नहीं मालूम। कहीं ...
- जिन लोगों ने राम-नाम लेना शुरू किया था, उससे पहले वे किस तरह की जिन्दगी जी रहे थे?...? राम-नाम लेने के बाद में, राम का भजन करने के बाद में वे ऋषि हुए थे कि नहीं हुए थे अथवा उसी तरह के घट...
- जिन व्यावहारिक जानकारियों की जन-साधारण को आवश्यकता है, क्या वे गम्भीरतापूर्वक सोची-समझी गई हैं और इन पर अपने पिछड़े देश की परिस्थितियों के साथ तालमेल बिठाते हुए कुछ ऐसा प्रस्तुतीकरण हुआ है, जिसे काम का कहा जा सके?...? अँगरेजी किताबों के पन्ने उलट-पुलट कर उनका भाषान्तर होता रहता है और लोग अपने नामों से छापते रहते हैं...
- जिनके पास भावना है ही नहीं, जो कृपणता के दलदल में एड़ी से चोटी तक फँसे पड़े हैं उन दीन, दयनीय लोगों से क्या याचना की जाए?...? कर्ण जैसे उदार व्यक्ति ही मरणासन्न स्थिति में अपने दाँत उखाड़ कर देते रहे हैं, हरिश्चन्द्रों ने ही ...
- जिन्दगी कैसे जीयें?...? 3. समय का सदुपयोग 4. जीवन जीने की कला 5. आगे बढ़ने की तैयारी 6. अपने दीपक आप बनो 7. सफल जीवन क...
- जिन्हें पेट-प्रजनन की ही गरज है, जो लोभ, मोह और अहंकार से ऊँचे उठ सकने की आवश्यकता ही नहीं समझते, उनके सम्बन्ध में तो कहा ही क्या जाए?...? किन्तु जिन्हें कोई महत्त्वपूर्ण लक्ष्य प्राप्त करना है, उनके लिए एक ही उपाय है कि प्रसुप्त शक्तियों...
- जिस व्यक्ति को बाल्यकाल से ही तीखे-चटपटे, बासी तथा गरिष्ठ खाद्य पदार्थ खाने को मिले हैं और परिणाम स्वरूप उसका स्वास्थ्य, उसका मन विकृत हो रहा हो तो इसमें व्यक्ति का क्या दोष?...? यह सारा दोष उसके निर्माण करने वाले समाज का ही है, जिसने अपनी प्रारम्भिक पाठशाला में उस बालक की शिक्...
- जिस समाज का, व्यक्ति का, आधा अंग नारी के रूप में इस प्रकार अपंग बना हुआ हो उसकी प्रगति और समृद्धि की आशा कौन करेगा?...? बालक, वृद्ध, अपंग, रोगी तो गृहपति पर भार होते ही हैं निरुपयोगी बनी बैठी नारी भी अब लगभग इसी प्रकार ...
- जिसके भीतर करुणा नहीं आयी, दूसरों के दुःखों को देखकर दर्द नहीं आया, तो फिर भगवान कैसे आ सकता है?...? मैंने कितनी बार एक कहानी आपको सुनाई है। कौन-सी वाली? नेवले वाली कहानी नेवला सोने का हो गया था। पाण्...
- जीवन्त से क्या मतलब है?...? यह अध्यात्म की लाश? जिसको आप लिए फिर रहे हैं। कौन सी लाश? यही नाक से हवा निकालने वाली लाश, केवल माल...
- जीवट आदमी के पास हो तो वह क्या नहीं कर सकता?...? पुराना इतिहास पढ़ लीजिए, चाहे नया इतिहास पढ़ लीजिए, जीवट वाले आदमियों ने ही संसार में कुछ करके दिखाया...
- जीवन कैसे जीयें?...? संसार में हम हैं। संसार में रह करके हम अपने कर्तव्य पूरे करें। हँसी-खुशी से रहें, अच्छे तरीके ...
- जीवन कैसे सँवारें?...? गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ— ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो नः प...
- जीवात्मा आखिर है क्या?...? उसका लक्षण, स्वरूप, स्वभाव और लक्ष्य क्या है? इस प्रश्न पर विज्ञान अपने बचपन में विरोधी था, वह कहता...
- जीवात्मा को सुखी और समुन्नत कैसे बनाया जा सकता है?...? यह कई बार बताया जा चुका है और हजार बार बताया जाना चाहिए। उसके सिर्फ दो ही रास्ते हैं। एक रास्ता यह ...
- जैसे कि मान लीजिए ग्रह-नक्षत्रों के चाल के बारे में कोई बच्चा रुचि रखता है या अन्य विदेशी भाषा के बारे में उसको कोई ज्ञान है, इच्छा है, उसके लिए अलग से शिक्षण किया जाए?...? सारे बच्चों पर भार क्यों डाला जाए। शिक्षा की व्यवस्था में प्रत्येक के लिए आवश्यक है कि व्यावहारिक ज...
- जो उच्च विचारों को पढ़ते हैं, पर उन्हें गले में नीचे नहीं उतारते, उन्हें व्यवहारिक जीवन में स्थान नहीं देना चाहते, ऐसे लोगों से कोई बड़ी आशा किस प्रकार की जाए?...? हमें कर्मठ और प्रबुद्ध साथी चाहिए—ऐसे जो युग निर्माण की भूमिका प्रस्तुत करने के लिए अपने तुच्छ स्वा...
- जो पतित और पीड़ित—जो आपको पुकारते हैं, आपसे मदद के लिए हाहाकार में इंतजार करते हैं, आप वहाँ क्यों नहीं गये?...? आप उसके यहाँ क्यों जा पहुँचे, जिसके यहाँ आपके मिठाई की दावत खिलायी गयी थी और जिनके यहाँ रोशनी जल रह...
- ज्ञान का पक्ष गायत्री का कौन-सा है?...? यह भारत के सारे के सारे फिलॉसफी और तत्त्वज्ञान और ब्रह्म-विज्ञान से जुड़ा हुआ है। यह उसका ज्ञानपक्ष ...
- ज्ञान ने मनुष्य के जीवन को प्रभावित किया कि नहीं?...? मनुष्य में उसकी सम्वेदना उत्पन्न हुई कि नहीं? मनुष्य ने उस पर विश्वास किया कि नहीं, जो सुना था? जो ...
- ज्ञानयोग किसे कहेंगे?...? मित्रो! ज्ञानयोग का मकसद यह है कि जिस तरह से हमको ऐसा बढ़िया और बेहतरीन शरीर मिला हुआ है कि हम ...
- डी की थीसिस लिखना-इन दोनों में क्या सम्बन्ध है?...? बाहर से आप देखिए-कलम के द्वारा ही इम्तिहान दिए जाते हैं और कलम के द्वारा ही पी-एच.डी. के सब काम किए...
- तथाकथित प्रगति का विशालकाय सरंजाम जुट जाने पर भी, भयानक स्तर की अवगति का वातावरण क्यों कर बन गया?...? इसका उत्तर यदि गम्भीरता से सोचा जाए तो तथ्य एक ही हाथ लगेगा कि बुद्धि भ्रम ने ही यह अनर्थ सँजोए हैं...
- तप एकान्त में ही क्यों?...? आपने बिल्ली देखी है। बिल्ली जब बच्चा देती है, तो क्या सड़क पर देती है? नहीं, कोई ऐसा स्थान तलाश कर...
- तप और त्याग के बिना कैसा अध्यात्म?...? मित्रो! आध्यात्मिक लाभ पाने के लिए पूजा और पाठ काफी नहीं है। उसके लिए तप और योग होना चाहिए। यो...
- तप का स्वरूप क्या है?...? ताप-ऊर्जा द्वारा धातुएँ भट्ठी में पिघला कर अभीष्ट औजारों के रूप में ढाली जाती है। मिट्टी के बर्तन आ...
- तपश्चर्या कैसे करें?...?
एक और भी कहा उन्होंने। उन्होंने कहा अगर तुम्हारे पास गाय हो, और गाय बहुत दूध देने वाली हो। वो ब...
- तपश्चर्या कैसे करें?...?...
- तपस्वी कैसे होते हैं?...? तपस्वी उस प्रकाश-स्तंभ की तरह होते हैं जो एकाकी समुद्र के बीच में खड़ा रहता है और उसके ऊपर एक बत्ती ...
- तब उसमें क्या बात थी?...? उसमें था हर्षमय-आनन्दमय जीवन, उसमें कन्हैया ने चाहा कि छोटे-छोटे बच्चे हों, साथ-साथ घुल-मिल कर हँस...
- तब करना क्या?...? इसका उत्तर एक ही है कि हममें से हरेक मानवी गरिमा का स्मरण करे।...
- तब क्या करें?...? आप सब ओर से अपने आप को समेटकर जो बात आपके हाथ में है, जो आपकी मुट्ठी में है, उस पर केन्द्रित हो जाइए...
- तब क्या काम करें?...? आप ये विचार कीजिये कि आपको जो कुछ मिला हुआ है, वह कितना ज्यादा है? भगवान ने कितना ज्यादा आपको दिया ...
- तब क्या स्वर्ग-नरक मात्र कल्पना भर है?...? कर्मों के फल प्राप्त करने के लिए कोई माध्यम नहीं है क्या? जिन कर्मों का फल इस जन्म में नहीं मिल सका...
- तब प्रश्न उत्पन्न होता हैं कि व्यक्तित्व को सच्चे अर्थों में सुसंस्कृत और समुन्नत बनाने के लिए क्या किया जाय?...? इसके उत्तर में एक ही तथ्य सामने आता है कि आस्थाओं के सहारे आस्थाओं को उभारा जाय। जंगली हाथी पकड़ने म...
- ताकत का केन्द्र कहाँ?...? हम आपको कई बार कथा सुनाते रहे हैं। एक बार अपनी अफ्रीका यात्रा का हमने किस्सा सुनाया था, जिन बेचारों...
- ताकत का केन्द्र कहाँ?...? हम आपको कई बार कथा सुनाते रहे हैं। एक बार अपनी अफ्रीका यात्रा की मसाईयों का हमने किस्सा सुनाया था...
- तात्पर्य यह है कि अगर हम अपने आपको मार लें, अपने मन को काबू में कर लें, अपने मन को हम अपनी इच्छानुसार चला लें तो मजा आ जाए तो फिर आप कौन हो जाएँगे?...? मनस्वी हो जाएँगे, सन्त हो जाएँगे और देवता का पूर्वार्द्ध पूरा कर लेंगे। अपने आप से लड़ाई लड़ने, अपने म...
- तीर्थ कैसे होने चाहिए?...?...
- तीर्थ कैसे होने चाहिए?...? ऑनलाइन ऑडियो सुनें
(15): शान्तिकुञ्ज — एक श्रेष्ठ गायत्री तीर्थ&nbs...
- तीर्थ स्नान से मिलेगी मन की शान्ति?...? मित्रो! एक बार ऐसा हुआ- एक था मल्लाह। बहुत दुःखी बैठा हुआ था और कह रहा था कि मेरे मन में बड़ी अशां...
- तीसरा वाला शिक्षण यह है कि आप अपने कर्तव्य को समझना शुरू कीजिए कर्मयोगी बनिए, फर्ज, कर्तव्य पूरा करिए बस, परिणाम?...? परिणाम हम नहीं जानते बेटे! क्या होगा? हमने खूब अच्छी तरह से पढ़ा, खूब मेहनत की, लेकिन जिस दिन परीक्ष...
- तीसरी आँख क्या है?...? दिव्यदृष्टि है। यह वह आँख है जो भीतर तक गहराई में प्रवेश कर यह देख सकती है कि वास्तविकता क्या है।...
- तीसरी आकांक्षा क्या है?...? अहं। एक आदमी का अहं, मेरा बड़प्पन, मेरा यश, मेरा नाम, मेरा गौरव, मेरा श्रेय। अरे साहब! मेरे बेटे का ...
- तुमने कहाँ गुरुजी पहले मिले मैं बाद में मिला यह कैसे?...? हमारे पिताजी की मृत्यु के समय मैं नसरुल्लागंज से भोपाल कार में अपने बड़े भाई के साथ उनको ले जा रहा थ...
- तुम्हें विचार करना चाहिए कि जब मैं कहता हूँ कि 'मैं' तब उसका क्या अभिप्राय होता है?...? पशु, पक्षी तथा अन्य अविकसित प्राणियों में यह 'मैं' की भावना नहीं होती। भौतिक सुख-दुख का तो वे अनुभव...
- तुलसीदास का नाम सुना है?...? जब कामुक थे, कैसे थे? स्त्री जब वहाँ चली गई, पिता के घर, तो वहाँ जा पहुँचे। वह सुना है न किस्सा आपन...
- तू कहाँ रुक गया?...?
डॉ० शिवानंद साहू, शान्तिकुञ्ज1970 में जब मैं मेडिकल का छात्र था, उन्हीं दिनों पूज्य गुरुदेव द्वार...
- तूफानों, भूकम्पों, विस्फोटों, आन्दोलनों का उद्गम कहीं भी क्यों ना रहा हो?...? जब वे गति पकड़ते हैं, तो व्यापक बनते चले जाते हैं। राजक्रान्तियों का सिलसिला इसी प्रकार चला था ...
- तेरे घर क्या है?...? श्री अगाधू महापात्र, दन्तेवाड़ा (बस्तर)घटना शक्तिपीठों की प्राण-प्रतिष्ठा के समय की है। दन्तेवाड़ा के...
- तो आज आप यहाँ मेरे दरवाजे पर कैसे आ गये?...? राम ने कहा- भक्त भगवान के दरवाजे पर नहीं गया है। भगवान को ही भक्त के दरवाजे पर जाना पड़ा है। शबरी ...
- तो आपको क्या करना है?...? आपको तो लोगों को सिखाने के लिए जाना है। आपको तो तभी बोलना है, जब बहुत मुसीबत आ जाए, बहुत जरूरी हो...
- तो आपने कौन-सी विधि से जप किया?...? कौन-सी विधि से उपासना की? बेटे! हम यही बताने के लिए आज आपके सामने बैठे हैं कि किस विधि से किया? विध...
- तो क्या आप भी त्यागने के लिए कह रहे हैं?...? नहीं बेटे! त्यागने के लिए नहीं कह रहा। मैं तो ये कह रहा हूँ कि इन मरीजों को त्यागने की जरूरत नहीं ह...
- तो क्या ईश्वर विश्वास सेंटीमेंट है?...? ईश्वर विश्वास सेंटीमेंट्स नहीं है। सेंटीमेंट्स कहीं आदमी को ऊँचा उठाने में सहायक हो सकते हैं, पर ...
- तो क्या करना चाहिए?...? यही तो मैं आपसे निवेदन कर रहा हूँ कि क्या करना चाहिए। आपको तीन बन्धनों से छुटकारा पा लेना चाहिए। आ...
- तो क्या करें महाराज जी?...? आप अपने ब्राह्मणत्व को जगा दीजिये, साधु को जगा दीजिये ताकि आप अपनी नाव स्वयं पार कर सकें, अन्यथा ...
- तो क्या करें महाराज जी?...? आप अपने ब्राह्मणत्व को जगा दीजिये, साधु को जगा दीजिये ताकि आप अपनी नाव स्वयं पार कर सकें, अन्यथा हम...
- तो क्या करें?...? इसमें एक चीज आप और शामिल कर लें तो बात सही हो जाएगी। क्या शामिल कर ले? स्कूल में पढ़ाई करें और पढ़ा...
- तो क्या काम करें?...? यही मैं बताने वाला था कि अगर आप तीसरा वाला काम पूरा कर लेते हैं तो समझना चाहिए कि आपके कल्प-साधना क...
- तो क्या पहाड़ उठ गया था?...? हाँ उठ गया था। क्यों? क्योंकि ऊँचे उद्देश्य के लिए भावभरे प्राणवान व्यक्ति प्राण-भरी साँस लेकर जब ख...
- तो क्या मन्दिर सिर्फ इसी काम के लिए है?...? क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए? हाँ, अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना ...
- तो क्या मन्दिर सिर्फ इसी काम के लिए हैं?...? क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए? हाँ, अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलान...
- तो क्या मन्दिर सिर्फ इसी काम के लिए हैं?...? क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए? हो अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना हो...
- तो क्या यह यज्ञ आगे फैलेगा?...? हाँ यह यज्ञ आगे बहुत फैलेगा और गायत्री माता सुनिश्चित रूप से विश्वव्यापी बनेंगी, आप देख लेना। हम तो...
- तो क्या सचमुच ही ऐसा है कि कुछ महत्त्वपूर्ण पाने के लिए, वैसा ही कुछ महत्त्वपूर्ण कार्य किए बिना काम नहीं चल सकता?...? इस प्रश्न का प्रत्युत्तर दसों दिशाओं से गूँजते सुना जा सकता है कि ‘‘दो और पाओ’’, ‘‘बोओ और काटो’’, ‘...
- तो क्या सदा यही अपराध करने और प्रताड़ना सहने की क्रिया-प्रतिक्रिया चलती रहेगी?...? बात ऐसी नहीं है। न्यायकारी की कभी ऐसी नीति नहीं रही है। वह तभी तक धमकाता है, जब तक कि उद्दण्डता से ...
- तो क्या हम भी इन्हीं में से हैं?...? नहीं, हम इनमें से कोई भी नहीं हैं। जिन लोगों ने हमको नजदीक से देखा है, उनको स्पष्ट मालूम है कि उन...
- तो क्या है?...? बेटे, आपसे मैं यह निवेदन कर रहा था कि गायत्री मंत्र का उद्देश्य, गायत्री मंत्र का शिक्षण यही है क...
- तो गुरुजी क्या इतने भर से बात पूरी हो जाएगी?...? नहीं बेटे, इतना ही पर्याप्त नहीं। आपको इसके साथ में अपनी श्रद्धा सँजोकर के रखनी पड़ेगी। श्रद्धा को आ...
- तो गुरुजी क्या इतने भर से बात पूरी हो जाएगी?...? नहीं बेटे, इतना ही पर्याप्त नहीं। आपको इसके साथ में अपनी श्रद्धा सँजो करके रखनी पड़ेगी। श्रद्धा को आ...
- तो गुरुजी क्या यही अध्यात्म है?...? हाँ बेटे, यही अध्यात्म है और यही धर्म है। यही भगवान् की भक्ति है। हमको और आपको भगवान् की यही भक्त...
- तो गुरुजी क्या यही अध्यात्म है?...? हाँ बेटे, यही अध्यात्म है और यही धर्म है। यही भगवान् की भक्ति है। हमको और आपको भगवान् की यही भक्ति...
- तो फिर भगवान् को कैसे देखा जा सकता है?...? इस पर भगवान् श्रीकृष्ण ने कहा-दिव्यं ददामि ते चक्षुः’’ अर्थात् मैं तुझे दिव्य आँखें दूँगा, विवेक ...
- तो फिर हमें क्या करना चाहिए?...? इस पुस्तक को पढ़कर आपके मन एवं अन्तःकरण में स्वयं के लिए, देश, धर्म और संस्कृति के लिए कुछ करने की उत...
- थोड़े से डाकू मिलकर एक विशाल क्षेत्र की जनता को आतंकित कर सकते हैं, तब सज्जनों का सच्चा सहयोग यदि इकट्ठा किया जा सके तो अपना चमत्कार क्यों न दिखायेगा?...? सज्जन हमेशा मिटते इसलिए रहे हैं कि वे अपनी व्यक्तिगत उत्कृष्टता मात्र से सन्तुष्ट हो जाते हैं और यह...
- दक्षिणा संकल्प—इसके बाद में दाहिने हाथ पर चावल, फूल और जल लेकर के जो संस्कार कराने वाले व्यक्ति हों, वे संकल्प बोलें, संकल्प बोलने के पीछे जो प्रतिज्ञा है, उसकी घोषणा की जाए अथवा लिख करके या छपे हुए पर्चे पर दोनों प्रतिज्ञा हमने क्या छोड़ा और क्या नहीं छोड़ा?...? वह दक्षिणा-पत्रक के रूप में लाकर के लाल मशाल के सामने—गायत्री माता के सामने प्रस्तुत कर देना चाहिए ...
- दण्ड नहीं दिया जाना चाहिए क्या?...? मित्रो! आगे बढ़ने के लिए जीवन की नीति आपकी स्पष्ट होनी चाहिए। अगर स्पष्ट नहीं होगी, तो आप भ्रम में...
- दरिद्रों का कहना ही क्या?...? वे पहले से इतना लम्बा चौड़ा और कुसंस्कारी परिवार जमा कर चुके होते हैं कि जिसके लिए उदरपूर्ति तक कठिन...
- दिव्यशक्ति किसे कहते हैं?...? मित्रो! यह देवताओं की शक्ति है जो हमारे अंग-अंग में विद्यमान है। इसके अलावा हमारे भीतर ''सुप्रीम पा...
- दीक्षितों को इस चेतना में जग जाने के लिए हम बार-बार अनुरोध करेंगे, क्योंकि 'मैं क्या हूँ?...? ' इस सत्यता का ज्ञान प्राप्त करना सच्चा ज्ञान है। जिसने सच्चा ज्ञान प्राप्त कर लिया है, उसका जीवन प...
- दुनिया में कौन-कौन से रिवाज चले हुए हैं कि जनेऊ कौन पहनेगा?...? मर्द पहनेगा, औरत नहीं पहनेगी। लड़कियों को हम धन्यवाद देते हैं। क्योंकि शिखा की लाज, शिखा की इज्जत इन...
- दुनिया में कौन-कौन से रिवाज चले हुए हैं कि जनेऊ कौन पहनेगा?...? मर्द पहनेगा औरत नहीं पहनेगी। लड़कियों को हम धन्यवाद देते हैं, क्योंकि शिखा की लाज, शिखा की इज्जत इन ...
- दुरुपयोग के रहते अभाव कैसे मिटे?...? विभूतियों को सही गलत तरीके से अर्जित कर लेना एक बात है और उनका सदुपयोग कर सकना सर्वथा दूसरी। सम्पद...
- दुर्व्यसनों की लत में लगे लोगों के पास भला पूँजी कहाँ?...? अगर होती भी है, तो धीरे-धीरे समाप्त हो जाती है। अगर वह किसी गरीब आदमी को लगे, तब तो उनके परिवार का ...
- दूरदर्शी हैं बच्चे?...? नहीं, दूरदर्शी नहीं हैं। जो आदमी दूरदर्शी नहीं है, वह न्यायोचित बात को विचार नहीं कर सकता; अपने सुन...
- दूसरा वाला उद्देश्य क्या है?...? आचमन है। कितने आचमन करने पड़ते हैं? तीन आचमन करने पड़ते हैं—''ॐ अमृतोपस्तरणमसि स्वाहा। ॐ अमृतापिधानमस...
- दूसरी मुसीबत इस समय की क्या है?...? प्रकृति हमसे नाराज हो गयी है और उसने नाराज होकर वर्षा के ऊपर अपना प्रभाव डाला है। समय पर वर्षा न हो...
- दूसरे वाले गुरु ने हमको ये बताया कि त्रिपदा—तीन टाँग वाली गायत्री के तीन माहात्म्य और तीन महत्त्व क्या है?...? बेटे, इसके अन्दर तीन भावनाएँ काम करती हैं, तीन प्रेरणाएँ काम करती हैं और तीन विचारणाएँ काम करती हैं...
- दूसरों के साथ कैसा व्यवहार करना चाहिए?...? उसकी कसौटी यह है कि हम दूसरों से जैसा व्यवहार अपने लिए चाहते हैं, वैसा ही आचरण स्वयं भी दूसरों के स...
- दृष्टिकोण हमारा क्या है?...? मित्रो! विशेषताओं से भरा हुआ हर मानव, बुराइयों से भरा हुआ हर मानव हमारे देखने के लेंस के ऊपर, हमा...
- देखता हूँ कैसे नहीं मानती?...? कोरबा के श्री कैलाश प्रसाद लाम्बा जी कहते हैं कि जांजगीर तहसील छत्तीसगढ़ के कुलीपोटा ग्राम के श्री स...
- देते रहने का क्या मतलब है?...? देते रहने का मतलब यह है कि अगर उनके पास कोई चीज है तो वे लोगों को बाँटते रहते हैं और लोगों की मुसीब...
- देवता और दैत्य विचार करने लगे कि लक्ष्मी जी को कहाँ से पायें?...? ब्रह्मा जी ने कहा—मूर्खो! इंतजार करने से कहाँ मिलेगा? जाओ, समुद्र में पहुँचो और दोनों साथ-साथ म...
- देवता कहाँ रहते हैं?...? स्वर्ग में रहते हैं। स्वर्ग कैसा होता है? हवाई जहाज जैसा होता है। साहब! स्वर्ग और हवाई जहाज में तो ...
- देवता कौन होते हैं?...? जिनके अन्दर से बेटे, विकृतियाँ उत्पन्न नहीं होतीं। जो गन्दगी नहीं करते, बदबू नहीं फैलाते। वे जहाँ कही...
- देवता कौन होते हैं?...? देवता अड़ोसी-पड़ोसी नहीं होते। वे सम्बन्धी भी नहीं होते। देवता उन शक्तियों का नाम है, जो आदमी के ऊपर ...
- देवता क्या देते हैं?...? देवता हजम करने की ताकत देते हैं। जो दुनियाबी दौलत या जिन चीजों को आप माँगते हैं जो आपको खुशी का बाय...
- देवता बनने के लिए क्या करना पड़ेगा?...? साधना करनी पड़ेगी। साधना किसकी करनी पड़ेगी? बेटे! अपने जीवन की साधना करनी पड़ेगी। शंकर जी की कर लूँ सा...
- देवता में क्या विशेषता होती है?...? देवता और मनुष्य में क्या फर्क होता है? देवता खाते तो रहते हैं, पर पखाना नहीं करते। हनुमान जी को चाह...
- देवता हमें क्या दे सकते हैं?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य ध...
- देवता हमें क्या दे सकते हैं?...?...
- देवताओं के बेटे कौन?...? मित्रो! क्या करना पड़ेगा? दैवीय सभ्यता यह नहीं है। दैवीय सभ्यता वह है, जिसमें त्याग और बलिदान की बात...
- देवत्व क्या है?...? मित्रो! देवत्व का विकास कर सकना हमारे लिए विज्ञानमय कोश में सम्भव है। हम यह कोशिश करेंगे कि आपके अ...
- देवों की क्या विशेषताएँ होती हैं?...? वही जो अभी-अभी मैंने आपके सामने निवेदन किया था कि उनकी विचारणाएँ देवतुल्य थीं, दैवी गुणों से परिपूर...
- देश की परिस्थितियों एवं उनसे जुड़ी समस्याओं से कौन विज्ञ अपरिचित होगा?...? यह किसे नहीं मालूम कि देश की तीन चौथाई जनता आज भी अशिक्षा के अन्धकार में डूबी हुई है। पचास प्रतिशत ...
- देश के ऊपर जब कोई दुश्मन हमला कर देता है तो क्या करना पड़ता है?...? दुश्मन बनना पड़ता है। सैनिकों की छुट्टियाँ बन्द कर दी जाती हैं। नहीं साहब, हमारा ब्याह है, मुहूर्त भ...
- दैत्य कहाँ रहते हैं?...? कहाँ बतावें आपको। अपना मुँह शीशे में तो आपको दिखाई पड़ेगा कि दैत्य, राक्षस, जाइंट आपके भीतर बैठा हुआ...
- दैवीय सक्रियता क्या होती है?...? क्या वह मिठाई खाती है, महल बनाती है? नहीं बेटे, ऐसी नहीं होती है, दैवीय सभ्यता। दैवीय सभ्यता ऐसी हो...
- दैवीय सभ्यता क्या होती है?...? क्या वह मिठाई खाती है, महल बनाती है? नहीं बेटे, ऐसी नहीं होती है-दैवीय सभ्यता। दैवीय सभ्यता ऐसी होत...
- दोनों ही रास्ते अनुपयुक्त दीखने पर प्रश्न यह उठता है कि इनके अतिरिक्त कोई तीसरा विकल्प भी है क्या?...? आस्तिकता और नास्तिकता के, श्रेष्ठता और निकृष्टता के बीच क्या कोई मध्य मार्ग भी है। वहाँ भी न करने क...
- धन विपत्ति का कारण भी हो सकता है?...?
इस प्रकार हम देखते हैं कि वर्तमान समय में संसार के अधिकांश लोगों ने धन के वास्तविक दर्जे को भू...
- धरती पर स्वर्ग के वातावरण का क्या मतलब है?...? अच्छे वातावरण को स्वर्ग बैकुण्ठ में ही नहीं वरन् जमीन पर भी हो सकता है। जहाँ अच्छे आदमी, शरीफ आदमी,...
- धर्मतंत्र की गरिमा एवं महत्ता (हम राजनीति में क्यों नहीं आते?...? )
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस...
- धर्मतंत्र की गरिमा एवं महत्ता - (हम राजनीति में क्यों नहीं जाते?...? )
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस...
- धर्मतंत्र की गरिमा एवं महत्ता — (हम राजनीति में क्यों नहीं जाते?...? ) Apr 1996
(046): कैसे होगा समन्वय, विज्ञान और अध्यात्म का?...
- धुलाई के बिना रँगाई निखरती कहाँ है?...? गलाई के बिना ढलाई किसने कर दिखाई है? मल-मूत्र से सने बच्चे को माता तब ही गोद में उठाती है, जब उसे न...
- ध्यान का क्या मतलब है?...? ध्यान का मतलब है कि हमारे जीवन के दो पक्ष हैं—एक पक्ष वह है, जो बाहर फैला हुआ पड़ा है। हमारे कानों क...
- ध्यान किसका किया जाता है?...? स्वयं का या भगवान का? बेटे! स्वयं तो क्या और भगवान तो क्या। दोनों एक ही हैं। स्वयं का विकसित रूप ही...
- ध्यान के लिए जो हमने यह बताया कि आप प्रकाश का ध्यान किया कीजिए, तो कहाँ-कहाँ प्रकाश का ध्यान किया करें?...? अभी स्वर्णजयंती साधना वर्ष में हमने आपको तीन जगह ध्यान करने के लिए कहा है। एक आप मस्तिष्क में ध्यान...
- ध्यान कैसे करें?...? मित्रो! हो सकता है, श्रीकृष्ण भगवान् ऐसे रहे हों- काले से और ऐसा छोटा सा मुँह, छोटी- छोटी आँखें। ...
- ध्यान क्यों करें?...? कैसे करें? परमपूज्य गुरुदेव की अमृतवाणी
जून, १९७७ में गायत्री तीर्थ शान्तिकुञ्ज में दिया उद्बोध...
- ध्यान क्यों करें?...? कैसे करें?...
- ध्यान बन्द करने से क्या होगा?...?
साथियो! आप लोग कहते हैं कि सन्त का मिलना मुश्किल है, गुरु का मिलना मुश्किल है, भगवान का मिलना...
- नए समय के नए तर्क, अपराधियों-स्वेच्छाचारियों से लेकर हवा के साथ बहने वाले मनीषियों तक को समान रूप से अनुकूल पड़ते हैं और मान्यता के रूप में अंगीकार करने में भी सुविधाजनक प्रतीत होते हैं, तो हर कोई उसी को स्वीकार क्यों न करे?...? उसी दिशा में क्यों न चलें? मनीषी नीत्से ने दृढ़तापूर्वक घोषणा की है कि ‘‘तर्क के इस युग में पुरानी ...
- नदिया वापस लौटे; उनके जीवन का कायाकल्प देखकर, सभी आश्चर्यचकित थे—अरे यह क्या?...? एक दिन रास्ते में एक कोढ़ी दिखा, उपेक्षित, तिरस्कृत सभी मुँह मोड़कर चले जा रहे थे। चैतन्य को गुरुवा...
- नमन हम करते हैं, वन्दन करते हैं, सूर्य नारायण को जल चढ़ाते हैं—इनका क्या मतलब है?...? हम अपने आपको समर्पित करते हैं।...
- नमूने का उपदेशक कैसा होना चाहिए?...? नमूने का गुरु कैसा होना चाहिए? नमूने का साधु कैसा होना चाहिए? नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए औ...
- नमूने का उपदेशक कैसा होना चाहिए?...? नमूने का गुरु कैसा होना चाहिए? नमूने का साधु कैसा होना चाहिए? नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और ...
- नम्बर दो—वाणी जो हमारी है, इससे हम उच्चारण करते हैं, तो समझ-सोचकर उच्चारण नहीं करते कि हमको क्या कहना है?...? किससे क्या बात करनी चाहिए? किससे नहीं करनी चाहिए? जो हम कह रहे हैं वह दूसरे के लिए फायदेमन्द है या ...
- नरपशु कैसे पाये जाते हैं?...? पशु और इनसान की मनोवृत्तियों में क्या फर्क है? शरीरों में तो बहुत फर्क है। शरीर में मूल फर्क ये हैं...
- नहीं बेटे, भूत कैसे काट खायेगा?...? भूत भी तो बेचारा दुखी इंसान है। अपने भाई-भतीजों को, अपने माँ-बाप को छोड़ करके वह अकेला चला आया। वह भ...
- नागरिक कर्तव्यों, जिम्मेदारियों को समझाना, प्रत्येक नागरिक को उसके अधिकारों का बोध कराना, दूसरों के कष्ट-कठिनाइयों में भागीदार बनाना और उन्हें राष्ट्रीय दायित्वों को समझाने की जिम्मेदारी किसकी है?...? साथियो,यह धर्म की जिम्मेदारी है, यह हमारी जिम्मेदारी है और आपकी जिम्मेदारी है कि हम हर आदमी को वह...
- नागरिक कर्तव्यों, जिम्मेदारियों को समझाना, प्रत्येक नागरिक को उसके अधिकारों का बोध कराना, दूसरों के कष्ट-कठिनाइयों में भागीदार बनाना और उन्हें राष्ट्रीय दायित्वों को समझाने की जिम्मेदारी किसकी है?...? साथियो, यह धर्म की जिम्मेदारी है, यह हमारी जिम्मेदारी है और आपकी जिम्मेदारी है कि हम हर आदमी को वह ...
- नाम और रूप क्या है?...? नाम और रूप वो है—गायत्री माता का रूप है। अनुष्ठान नाम है, जप नाम-रूप है और हलचल क्रिया-कृत्य है...
- नारद जी को आप नहीं जानते हैं?...? उनका जीवन सेवामय था। जहाँ-तहाँ, जहाँ-तहाँ चले गए। चरक का जीवन पढ़ा है न? चरक ने सारी जिन्दगी जड़ी-बूट...
- नारद ने पुनः पूछा कि ‘‘जिनके लिए तुम इतना पाप कमा रहे हो, क्या वे लोग तुम्हारे पाप में भागीदार बनेंगे?...? ’’ रत्नाकर की विचारधारा आन्दोलित हो उठी, और वह नारद को एक वृक्ष से बाँधकर घर गया और परिजनों से नारद...
- नारी को प्रतिबन्धित करके किसने क्या पाया?...? नारी को बाधित-प्रतिबन्धित करके हमने पाया कुछ नहीं खोया इतना है जिसे अपार या असीम से कम नहीं कहा जा ...
- नारी मीनार से खाई में कैसे जा गिरी?...? अपने देश में अनादि काल से नारी को अत्यन्त उच्च स्थान और सम्मान प्राप्त होता रहा है। जिस गर्भ से मन...
- निंदा करेंगे क्या?...? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए। साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उसे अब हमें सुधार की ...
- नीर-क्षीर का ज्ञान इसे है, पर कैसे समझाए?...?
सद्गुण की पहचान इसे है, पर कैसे बतलाये?
काम-क्रोध-मद की कारा ने, बन्दी इसे बनाया।
पराधीन वाणी...
- न्यायाधीश ने पूछा, क्या नाम है तेरा?...? उसने कहा, में। क्या तूने गलत काम किया है? में। न्यायाधीश कोई भी बात पूछते तो वह कहता, में। वकील न...
- पंचोपचार में क्या-क्या है?...? अरे भाई! वही है— ‘‘पाद्यं समर्पयामि, अर्घ्यं समर्पयामि, धूपं, दीपं, नैवेद्यं समर्पयामि।’’ यही सब चढ़...
- पददलित नारी से किसने क्या पाया?...? वह अपने पालने वालों के लिए गले का पत्थर बनकर रह गई। कैदी भी जेल में कुछ करते हैं, पर जेलर से लेखा-ज...
- परन्तु अब देखा ना आपने, क्या-क्या हो रहा है?...? कहीं रास हो रहा है, कहीं क्या हो रहा है? जनता को आकर्षित करने के लिए, जैसे कठपुतली वाले तमाशा करन...
- परिणाम क्या हुआ?...? परिणाम ये हुआ कि विश्वामित्र के साथ जाने के बाद दोनों का भला हुआ। ऋषि ने उन्हें अनेकों विद्याएँ सिख...
- परिवर्तन के साथ जुड़े हुए नये आयाम विकसित करने की आवश्यकता अब इतनी अनिवार्य हो गई है कि उसे अपनाने से कदाचित् ही कोई इन्कार करता हो?...? घड़ी का उपयोग करने से अब कदाचित् ही कहीं एतराज किया जाता हो? समय हर किसी को बाधित करता है कि युग-धर...
- परिवर्तन में क्या बदलना है?...? क्या खाने-पीने के तरीके बदलने हैं? नहीं बेटे, यही दाल-रोटी सब खायेंगे चाहे नया युग आ गया तो भी और न...
- परिवार को सुव्यवस्थित कैसे बनायें?...?...
- पशु-पक्षियों को उदरस्थ करते रहने वालों के मन में यदि ऐसा कुछ सूझ पड़ा होता कि उन निरीहों की तरह हम इतनी भयंकर पीड़ा सहते हुए जान गँवाने के लिए बाधित किए गए होते, तो कैसी बीतती?...? उस छटपटाहट को निजी अनुभूति से जोड़ सकने वाला कदाचित् ही छुरी का निर्दय प्रयोग कर पाता।नारी पर प्रजन...
- पहचानिए तो कि आप कौन हैं?...? यह समय आपत्तिकाल का है, जो एक और सुंदर सपने संजोए हुए हैं, तो दूसरी तरफ विनाश की लीला भी मुँह बाए ख...
- पहले ब्राह्मण बनने का प्रयोग किया कि ब्राह्मणत्व के क्या-क्या चमत्कार हो सकते हैं?...? मैंने उसे अपने जीवन में धारण करके देखा है और पाया है कि इसमें सफलताएँ भी हैं तथा चमत्कार भी हैं। ...
- पहले ब्राह्मण बनने का प्रयोग किया कि ब्राह्मणत्व के क्या-क्या चमत्कार हो सकते हैं?...? मैंने उसे अपने जीवन में धारण करके देखा है और पाया है कि इसमें सफलताएँ भी हैं तथा चमत्कार भी हैं। ब्...
- पहले मैं यह बताना चाहता हूँ कि क्या अध्यात्म भौतिक जीवन में किसी तरह से लाभदायक बन सकता है?...? क्या इससे हमारा कुछ लाभ होगा। लाभ से क्या मतलब है? लाभ से मतलब है पैसा और दूसरा मतलब है—हमारी ताकत।...
- पात्रता है कि नहीं?...?
मित्रो! आपका अनुष्ठान देखने के लिए गायत्री माता को फुरसत नहीं है। उनके पास जरा-सा भी समय नही...
- पात्रता है कि नहीं?...?
मित्रो! आपका अनुष्ठान देखने के लिए गायत्री माता को फुरसत नहीं है। उनके पास जरा सा भी समय नहीं है...
- पारस के बारे में सुना है आपने?...? पारस को छूते ही लोहा सोने का हो जाता है। लोहा बदल जाता है। लोहा वैसा ही बना रहे और पारस के कहे आप स...
- पारस को छूकर लोहा सोना बनता भी है या नहीं?...? इसमें किसी को सन्देह हो सकता है, पर यह सुनिश्चित है कि महाप्रतापी-आत्मबल सम्पन्न व्यक्ति असंख्यों क...
- पारस को छूकर लोहा, सोना बनता है या नहीं?...? इसमें अभी सन्देह है, पर यह सुनिश्चित है कि प्रतापी व्यक्ति असंख्यों को अपना अनुयायी-सहयोगी बना लेते...
- पास तेरे है दुखिया कोई, तूने मौज उड़ाई क्या?...?
भूखा-प्यासा पड़ा पड़ोसी, तूने रोटी खाई क्या?
पहले सबसे पूछकर, भोजन को तू खाया कर॥
मन-मन्दिर मे...
- पुजारी क्यों है खाली हाथ?...?
मित्रो! आपको यह बात समझ में क्यों नहीं आती कि जो पुजारी मन्दिर में बारह घण्टे और सोलह घण्टे पूज...
- पुण्य कैसे हो सकता है?...? दृष्टि से हो सकता है। दृष्टि अगर हमारे पास हो, चिन्तन हमारे पास हो, आस्थाएँ हमारे पास हों, हमारे जप ...
- पुत्रेष्टि यज्ञ कौन सफल करें?...? मित्रो! गुरु वसिष्ठ ने कहा- राजन! हमने बच्चे पैदा कर लिए, इसलिए हमारा ओजस और वर्चस जो कि मंत्र में ...
- पुनर्जन्म कहाँ मिले, किस प्रकार के परिवार में अथवा कैसे वातावरण में जन्म मिले?...? इसकी व्यवस्था भी अपना ही स्वसंचालित चेतना संस्थान स्वयं ही कर लेता है। इसके लिए अन्य किसी बाहरी न्य...
- पूँजी क्या इसी आधार पर जमा होती है कि लिया अधिक और दिया कम जाए?...? संसार से हम आए दिन कितना लेते हैं, इसका बही-खाता रखने की किसी को भी फुरसत नहीं है। व्यवसाय के लिए ज...
- पूछा जाता है कि उज्ज्वल भविष्य की संरचना के लिए क्या करना होगा?...? यदि प्रश्न का सही उत्तर अपेक्षित हो, तो वह एक ही हो सकता है— ‘‘दृष्टिकोण का परिवर्तन।’’ यों मन समझा...
- पूजा ओर पाठ किस चीज का नाम है?...? दीवार को गिरा देने का, इसी ने हमारे और भगवान के बीच में लाखों कि.मी. की दूरी खड़ी कर दी है, जिससे भ...
- पूजा और पाठ किस चीज का नाम है?...? दीवार को गिरा देने का, इसी ने हमारे और भगवान के बीच में लाखों कि०मी० की दूरी खड़ी कर दी है, जिससे भ...
- पूजा क्यों करते हैं?...? पूजा का मतलब एक ही है—इनसानी गुणों का विकास, इनसानी कर्म का विकास, इनसानी स्वभाव का विकास। आपने जो ...
- पृथ्वी का गुरुत्व बल प्रत्यक्ष कहाँ दीखता है?...? वस्तुओं के नीचे गिरने से यह अनुमान लगाया जाता है कि उसमें कोई ऐसी आकर्षण शक्ति है, जो वस्तुओं को अप...
- पैसा किस प्रकार, किस काम में कितना खर्च किया जाता है?...? उसको पूरा जान लेने पर ही किसी की बुद्धिमत्ता का स्तर परखा जा सकता है। अपव्यय सबसे बड़ी मूर्खता है। अ...
- पैसे की कमी के कारण जब वे रामकृष्ण आश्रम की जमीन बेचने को तैयार हो गए तो एक शिष्य ने पूछा-महाराज आप गुरु स्मारक बेचेंगे क्या?...? विवेकानन्द ने उत्तर दिया-मठ-मन्दिरों की स्थापना संसार की भलाई के लिए होती है। यदि उसका उपयोग भले काम ...
- प्यार है आपके पास?...? भक्ति है आपके पास? नहीं है। अगर भक्ति और प्यार रहा होता, तो आपने अपने माँ-बाप की सेवा की होती; बहिन...
- प्रकृति के प्रत्यक्ष स्वरूप को ही सब कुछ समझने वाले उसके पीछे छिपे परोक्ष रहस्यों का समझने में कहाँ सफल हो पाते हैं?...? पृथ्वी धुरी पर भी घूमती है और द्रुतगति से सूर्य की परिक्रमा भी करती है। यह बात प्रत्यक्ष देखने का ह...
- प्रज्ञा विस्तार के लिए क्या-क्या काम करने होंगे?...? इसके लिए हमें बहुत काम करने होंगे। हमने आप लोगों को इसीलिए बुलाया है कि लोगों की अकल को बदलने के ल...
- प्रतीक किसे कहते हैं?...? प्रतीक बेटे, उसे कहते हैं जैसे कि सम्राट जार्ज पंचम जब इंग्लैण्ड की गद्दी पर बैठे थे, तब हमको बचपन ...
- प्रश्न इन दिनों सर्वथा दूसरी प्रकार का है—सृजन और उन्नयन के लिए किसकी सद्भावना किस हद तक उभरती है?...? देखा जाना है—स्वार्थ के मुकाबले में परमार्थ सुहाता किसे है? ध्वंस करने वाले जिस प्रकार मूँछों पर ता...
- प्रश्न उठता है कि ऐसी विडम्बना क्यों कर बन पड़ी?...? अमीरों में जो दुर्गुण पाए जाते हैं, वे यहाँ जन-जन में विद्यमान हैं, किन्तु प्रगतिशीलों में जो सद्गु...
- प्रश्न फिर घूमकर वहीं आ जाता है, कि जब अधिकांश लोग अभावों से ग्रसित हैं और गरीबी की रेखा से नीचे रहकर दिन काटते हैं, तब दान-पुण्य की परम्परा चरितार्थ कैसे हो?...? इस प्रश्न में बालकों जैसी भोलेपन की झलक-झाँकी मिलती है। समझा जाता है कि धनदान ही एक मात्र दान है, क...
- प्रश्न यह उठता है कि इस स्तर की सेवा साधना किस प्रकार की जाए?...? मनुष्य के स्तर में आए हुए पतन को किस प्रकार मिटाया जाए और उसे उत्थान की ओर अग्रसर किया जाए। स्पष्ट ...
- प्रश्न यह नहीं है कि मीरा को सफलता कितनी मिली?...? अन्दर पीड़ा-पतन के बन्धनों को तोड़ने के लिए बेचैनी उठे, पग क्रियाशीलता की ओर बढ़े—यह इतनी बड़ी सफलत...
- प्रश्न यहाँ भी यही उत्पन्न होता है कि ऐसा वातावरण किस प्रकार उत्पन्न हो, उसका सृजन कौन करें?...? इस ताले की कुंजी सुगृहिणी के हाथ में है। नर सुयोग्य और सुसम्पन्न होने पर इस सन्दर्भ में हाथ बँटा सक...
- प्राइमरी के बाद शिक्षा व्यवस्था कैसी हो?...? पाँचवें दरजे के बाद बेसिक शिक्षा का निर्धारण हो जाना चाहिए। दुकानदार के बच्चों को किस चीज की जरूरत ...
- प्राचीनकाल में ब्राह्मण, साधु जैसे लोक-मंगल में संलग्न वर्गों की भोजन, वस्त्र एवं आवश्यक उपकरणों की व्यवस्था कर देना उचित था पर जब आज उस प्रवृत्ति के व्यक्ति रहे ही नहीं तो ब्रह्म-भोज की बात भी कहाँ रही?...? सर्व साधारण के लिए, मित्र परिजनों के लिए तो आज जैसी मृतक भोजन की दावत हर दृष्टि से अवांछनीय और अग्र...
- प्राण क्या हो सकता है?...? यही मैं बताने वाला था कि गायत्री का प्राण क्या हो सकता है? गायत्री के प्राण के बारे में हम आपको सबे...
- प्राण क्या होता है?...? चिन्तन। चिन्तन क्या होता है? श्रद्धा। श्रद्धा क्या होती है? भावना। इन तीनों को आप जोड़कर चलें, तो छो...
- प्रात:काल की संध्या—सायंकाल की संध्या—क्या करें?...? क्या कहना चाहिए? क्या विचार करना चाहिए?
आपको इन दोनों समय में, आत्मबोध और तत्त्वबोध की साधना कर...
- प्रातःकाल की संध्या — सायंकाल की संध्या, क्या करें?...?
क्या करना चाहिए? क्या विचार करना चाहिए? आपको इन दोनों समयों में, आत्मबोध और तत्त्वबोध की साधना कर...
- प्रायश्चित का यह भी एक तरीका है और क्या काम करें?...? यहाँ के शिविरों में ढपली बजाना सिखाया जाता है। सड़क पर खड़े होकर गाने वालों, स्टेज सिंगरों की एक नई प...
- पढ़ाई में अच्छे अंक पाने के लिए आप क्या-क्या करेंगे?...?
२. अगर आपको कुछ दिनों के लिए आपकी कक्षा में लीडर का रोल करने के लिए कहा जाय तो आप क्या-क्या करेंगे...
- फिर आप क्या कह रहे थे?...? बेकार की बातें बताते हैं आप हमको। नहीं बेटे, हम बेकार की बातें नहीं बताते। हम तो ये बताते हैं कि ...
- फिर किस तरीके से क्या किया जाए?...? रचनात्मक कार्य करने में लोगों का श्रम करने की, रचना करने की और सेवा करने की वृत्ति का विकास तो होता...
- फिर कैसे दूर हो सकते हैं?...? मित्रो! दैत्यों को मारने के लिए देवता का पैदा होना आवश्यक है। दैत्य को दैत्य भी मार सकता है। दो राक...
- फिर कैसे दूर हो सकते हैं?...? मित्रो। दैत्यों को मारने के लिए देवता का पैदा होना आवश्यक है। दैत्य को दैत्य भी मार सकता है। दो राक...
- फिर क्या करना पड़ेगा?...? मित्रो! आध्यात्मिकता में दोनों ही नीतियों का पूरा- पूरा समन्वय है। यह नहीं कि सबके साथ सहायता कीज...
- फिर क्या किया जाय?...? क्या विनाश के अतिरिक्त और कोई मार्ग ही नहीं? इस प्रकार जब निराशा जनक चिन्तन जीवनक्रम को घेरने लगे, ...
- फिर क्या किया?...? उनकी आँखों में उस आदमी की वकअत और वजन दोनों बढ़ गए। अरे पगले! तू सुनता है कि नहीं सुनता? वकअत औ...
- फिर क्या हुआ?...? स्वामी जी की समझ में आ गया कि इसकी वजह क्या है? मेरे पास बस ज्ञान है। मुझे रामायण कहना आता है बस।...
- फिर क्या हुआ?...? आपकी दिशाएँ हमने बदल दी, आपका लक्ष्य बदल दिया और जीवन का स्वरूप बदल दिया है। अगर आपने इस बात को अ...
- फिर क्या हो जाएगा?...? फिर आपके दिमाग पर इतना टेंशन रहेगा कि जिसकी वजह से आपकी नींद 'हराम हो जाएगी। अमेरिका के अधिकांश नाग...
- फिर मनोकामनाएँ कौन पूरी करता है?...? बेटे ! भगवान मनोकामना पूरी नहीं करते। नहीं साहब ! भगवान मनोकामना पूरी करते हैं। नहीं बेटे ! भगवान न...
- फिर मैंने कहा कि अच्छा एक बात तो बताइये कि आपके पास क्या-क्या सामान है?...? आपकी कितनी सम्पत्ति और कितनी जायदाद है? मैं कागज-पेंसिल लेकर बैठ गया और पूछा कि आप अपनी फैक्ट्र...
- फिर यह फर्क कैसे पड़ा?...? मैं बताता हूँ-आपको जैसे बड़े लोग, सम्पन्न लोग अपव्यय के कारण गरीब हो जाते हैं, उनकी जागीरें नीलाम ह...
- फिर यह स्वप्न या दिवा स्वप्न आते क्यों हैं?...? इनकी आवश्यकता ही क्या है? यह अनचाही विसंगतियाँ उपजती क्यों हैं? इनका उद्गम या सूत्र संचालन होता कहा...
- फिर ये शक्लें?...? शक्लें तो बेटे हमने ध्यान के लिये बनाई हैं। हमने अपने ध्यान को एकाग्र करने के लिये तरह-तरह की शक्ले...
- फिर साकार क्यों?...? मित्रो! कई बार तो अचंभा होता है और मालूम पड़ता है कि फिलॉसफी की दृष्टि से कहीं हिन्दू धर्म पिछड़ा ह...
- फिर हम क्या अकेले कर लेंगे?...? नहीं, अकेले तो नहीं कर लेंगे, हम पीठ पर तो हैं, आप सहायता करेंगे, तो हम भी आपकी सहायता करेंगे।...
- फिर होगा क्या?...? उत्तर एक ही है—विचार परिवर्तन। करुणा से ओत-प्रोत भावसम्वेदना, व्यक्तियों में संयम और कार्यक्रम में ...
- बन्धन से बँधा हुआ व्यक्ति कैसा होता है?...? जेलखाने के कैदी के बारे में आप जानते हैं न, वह चारों ओर से जकड़ा हुआ होता है। हाथ जिसके बँधे हुए ह...
- बच्चों को क्या पढ़ाया जाए?...? अब बच्चों का सवाल आता है कि बच्चों को क्या पढ़ाया जाए? इसे दुर्भाग्य कहना चाहिए कि हमारे देश में शिक...
- बताओ चेतना कैसे, किसी तन से अलग होगी?...?
सुकोमल भावना कैसे, सरल मन से अलग होगी?
करें कैसे विदा वे स्वर, तुम्हारी प्रेरणाओं के?
थकन मे...
- बद्रीनाथ किसे कहते हैं?...? बद्री माने बेर, बेर माने बद्री। बेरों का जंगल था वहाँ, जहाँ आज बद्रीनाथ है। वे वहीं चले गए थे और ...
- बन्धनों से प्रीति कैसी?...?...
- बन्धनों से मुक्ति, बन्धनों से मुक्ति क्या?...? बन्धनों से मुक्ति ये कि (हम) जिस तरीके से हमारी विचारणाएँ, भावनाएँ, और हमारी क्रियाशीलताएँ जिन बन्ध...
- बादलों को आप देखते हैं न, बादल कितनी कृपा करते हैं?...? बादलों जितना कौन देवता हो सकता है! बिना कीमत पानी बरसाता है; चाहे कितना भी पानी बरसाता है; समुद्र स...
- बालकों से माता-पिता का व्यवहार कैसा हो?...?...
- बाहर की मदद से आपके जीवन की कोई समस्या हल नहीं हो सकती तो क्या आप मदद नहीं करेंगे?...? बेटे! करेंगे जरूर। ये हमारा कर्तव्य है और हमारा फर्ज है। हमारे यहाँ आप मुफ्त में रोटी खायेंगे, तो आ...
- बिना मेहनत-मशक्कत की कमाई क्यों खायें?...? लॉटरी २० रुपये की लगायी और पाँच लाख रुपये मिल जाए।...
- बीमारियों से आप कैसे सहायता कर सकते हैं?...? चन्दगीराम पहलवान को टी० बी० की शिकायत थी। बाईस साल की उम्र में उनकी टी० बी० इस कदर हो गई थी कि फेफड...
- बुद्ध का नाम सुना है न आपने?...? धर्मचक्र प्रवर्तन के लिए उनके कितने शिष्य थे जो आकर समय समय पर साधनाएँ किया करते थे और उपासनाएँ करत...
- बुद्ध का नाम सुना है न आपने?...? धर्म-चक्र के लिए उनके कितने शिष्य थे, जो आकर समय-समय पर साधनाएँ किया करते थे और उपासनाएँ करते थे। व...
- बुद्ध विचार करने लगे कि वैदिक हिंसा और सारे विश्व में संव्याप्त पाप का मुकाबला करने के लिए खड़ा होऊँगा, तो मेरे पास साधन कहाँ हैं?...? साधन कहाँ से आयेंगे? एक छोकरा भागता हुआ चला आया। उसने कहा-पिताजी! मेरा सारा का सारा धन आपके चरण...
- बुराइयों से भरे हुए इस विश्व में आपका कार्य क्या होना चाहिए?...? इस प्रश्न का उत्तर भगवान सूर्यनारायण हमें देते हैं।...
- बेटा चाहिए, तो देखिए कि बेटा कितने दाम का आता है?...? गुरुजी! बेटा तो बहुत दाम का आता है। बैल कितने का आता है? बैल तो एक हजार रुपये का आता है और हाथी? हा...
- बेटे, आपको क्या करना पड़ेगा?...? बँटवारा करना पड़ेगा। आप बँटवारा कर दीजिए और कह दीजिए कि अब तक जो बेइंसाफी चली, वह चली, आगे से नहीं...
- बेटे, क्या करना पड़ेगा?...? आपको किफायतसारी बनना पड़ेगा। ‘‘सादा जीवन, उच्च विचार’’ की परम्पराएँ पैदा कीजिए। मैं यही योगाभ्यास ...
- बेटे, क्या छोड़ा?...?
श्री लक्ष्मण प्रसाद अग्रवाल, बिलासपुर (छत्तीसगढ़)सन् 59 में पहली बार बिलासपुर छ.ग. में 51 कुण्डीय ...
- बेटे, यज्ञ की प्रक्रिया, जिसके बारे में बहस होती है कि हम यज्ञ नहीं कर सकते, पैसा हम नहीं लगा सकते, धन हमारे पास नहीं है तो हमारे घर में कैसे हो सकता है?...? हम चाहते हैं कि रोज गायत्री माता की पूजा आपके घर का प्रत्येक व्यक्ति करे। उससे घर में वातावरण पैदा ...
- बेटे, यह क्या हो रहा है?...? बेइन्साफी तेरे भीतर हो रही है। कैसे? जिन्दगी का जो कुछ भी फायदा है, हमारा बहिरंग उठाता है। बहिरंग ...
- बेटे, हम कहाँ जा रहे हैं और न जाने क्या हो रहा है?...? हम जिस जमाने में रह रहे हैं, उसमें आदमी न जाने क्या होने जा रहा है? अगर आदमी इसी तरीके से बना रहा...
- बेटे, हम कहाँ जा रहे हैं और न जाने क्या हो रहा है?...? हम जिस जमाने में रह रहे हैं, उसमें आदमी न जाने क्या होने जा रहा है? अगर आदमी इसी तरीके से बना रहा, ...
- बैंक क्या है?...? बैंक माने भगवान ! भगवान का अनुग्रह। आपने जिस काम के लिए प्राप्त करने की कोशिश की है, उसे उसी काम मे...
- ब्रह्मवर्चस कैसे जगाती है गायत्री?...?...
- ब्रह्मवर्चस कैसे जगाती है गायत्री?...? गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो न: प्...
- ब्रह्मवर्चस कैसे जगाती है गायत्री?...?
१०. ब्रह्मतेजस् के अभिवर्द्धन हेतु गायत्री उपासना
११. ऋतम्भरा-प्रज्ञा का अवतरण
१२. गायत्री क...
- ब्रह्मवर्चस क्या चीज है?...? बेटे, ब्रह्मवर्चस एक फैक्ट्री है, एक कारखाना है, एक भट्टी है। इस भट्टी में क्या होगा? गलाई और ढलाई।...
- ब्रिटिश प्रधानमंत्री सर विंस्टन चर्चिल ने द्वितीय विश्व युद्ध के दिनों में, हारते हुए ब्रिटेन वासियों का मनोबल बढ़ाने के लिए एक नारा दिया था ‘‘विक्ट्री’’ अर्थात जीतना हमें ही है, चाहे शत्रु कितना ही प्रबल क्यों न हो?...? इस संकेत सूत्र का इतना प्रचार हुआ कि यह सुनिश्चित विश्वास का, विजय का एक प्रतीक बन गया। इस हुँकार न...
- बड़ा आदमी ही नहीं, मजबूत और महापुरुष बनने के लिए मैं क्यों करता विचार?...? मैंने कहा आपका बहुत अनुग्रह—आपकी इस कृपा के लिए अनुग्रही हूँ। उन्होंने कहा—बच्चे कृपा के लिए अनुग्र...
- भक्ति किसे कहते हैं?...? 'भक्ति' शब्द मैं जान बूझकर उपयोग नहीं करूँगा, क्योंकि भक्ति के सम्बन्ध में इतनी ज्यादा गलतफहमियाँ लोग...
- भगवान किसे कहते हैं?...? भगवान सद्गुणों के, सत्प्रयासों के, आदर्शों के समुच्चय का नाम है। एक भगवान तो वह है जो सारे विश्व को...
- भगवान की कृपा कहाँ मिलती है?...? भगवान को प्राप्त करने का जो असली रहस्य है, उसे आपको जानना ही चाहिए। क्या करना होगा? आपको भगवान के स...
- भगवान की भक्ति किसे कहते हैं?...? समर्पण को, पर आपने तो उसे कठपुतली के तरीके से चलाने और भक्ति से उचित और अनुचित जो कुछ भी फायदे होते...
- भगवान को आप क्या समझते हैं कि वे बाँटते फिरते हैं?...? बाँटते तो हैं, पर उससे पहले वे माँगते फिरते हैं। भगवान की इच्छा माँगने की है। भगवान शबरी के दरवाजे ...
- भगवान को प्राप्त करने के लिए अपना मन और अपना जीवन सुधार करने के लिए, साबुन के तरीके से अपने आपको धोना तो चाहिए राम के नाम से; लेकिन राम का नाम लेने भर से भगवान् प्रसन्न क्यों होने लगें?...? भगवान को क्या चापलूसी पसन्द है? भगवान् कोई रिश्वतखोर है कि आपकी चापलूसी सुनते रहें और आप पर अनुग्रह...
- भगवान को बच्चा समझते हो?...?
मित्रो! आप क्या समझते हैं कि शंकर जी इतने बेअकल और इतने नासमझ हैं कि चन्दन की माला से तो खुश...
- भगवान को बच्चा समझते हो?...? मित्रो! आप क्या समझते हैं कि शंकर जी इतने बेअकल और इतने नासमझ हैं कि चन्दन की माला से तो खुश हो जाएँ...
- भगवान कौन सा दो काम करता है?...? अधर्म का नाश और धर्म की स्थापना। धर्म की स्थापना आवश्यक है। कथा कहना आवश्यक है। अखण्ड कीर्तन और ज...
- भगवान क्या है?...? बताइए आप। एक भगवान तो वह है, जो सारे विश्व में छाया हुआ है, सारे नियमों की व्यवस्था बनाता है। वे एक...
- भगवान देख रहा था, यह यकीन और यह विश्वास हमारे भीतर आये जो कि लोगों को मालूम नहीं है कि हम क्या कर रहे हैं?...? पड़ोसी को मालूम नहीं है, समाज को मालूम नहीं है, तो क्या हुआ, भगवान को मालूम है। वह तो सब कुछ देख र...
- भगवान परशुराम तपस्वी नहीं रहे होते तब?...? तब तो बिल्कुल मामूली जैसे बाबाजी या ब्राह्मण पण्डित रहते। और यहाँ-वहाँ कथा-वार्ता करते रहते। परशुराम...
- भगवान बुद्ध से उनके शिष्यों ने यह पूछा—मनुष्य इतना सशक्त और समर्थ होते हुए भी आखिर गिर क्यों पड़ता है?...? अधःपतित क्यों हो जाता है? भगवान बुद्ध ने एक तो घटना दिखाई और एक उदाहरण दिया। उन्होंने घटना ये दिखाई...
- भगवान शंकर का अन्तरंग रूप क्या है?...? उसकी फिलॉसफी क्या है? भगवान शंकर का रूप गोल बना हुआ है। गोल क्या है—ग्लोब। यह सारा विश्व ही तो भगवा...
- भगवान शंकर के स्वरूप का कैसा-कैसा सुन्दर चित्रण मिलता है?...? शिवजी की जटाओं में से गंगा प्रवाहित हो रही है। गंगा का मतलब है—ज्ञान की गंगा। पानी बालों में से प्र...
- भगवान शंकर क्या हैं?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य ध...
- भगवान शंकर क्या हैं?...?...
- भगवान शंकर न जाने क्या-क्या सिखाते हैं?...? उनके शरीर को देखा जाए तो मालूम पड़ेगा कि उस पर भस्म लगी हुई है और गले में मुण्डों की माला पड़ी है। अग...
- भगवान सबसे पहले किससे आता है?...? श्रद्धा से। श्रद्धा से भगवान आता है। श्रद्धा जब आती है तो क्या होता है गुरुजी? श्रद्धा जब आती है तो...
- भगवानों के और किस्से सुनाऊँ आपको?...? वक्त बहुत चला गया, इसलिए और भगवानों की तो मैं नहीं कहता, पर एक भगवान को जो कल-परसों हो के चुका है, ...
- भगवान् का प्यार कैसा होता है?...? भगवान् के प्यार के तीन तरीके हैं-पहला भगवान् जिसे प्यार करते हैं, उसे ‘सन्त’ बना देते हैं। सन्त यान...
- भगवान् के और किस्से सुनाऊँ आपको?...? वक्त बहुत चला गया, इसलिए और भगवान की तो मैं नहीं कहता, पर एक भगवान को जो कल-परसों हो चुका है, उसकी ...
- भगवान् को जवाब क्या देंगे?...? मित्रो! हमने शानदार जिन्दगी जी है तथा प्रसन्नता के साथ विदा होने को बैठे हैं कि हम भगवान् को सही ...
- भगवान् राम ने समुद्र को पाटने एवं रावण पर विजय प्राप्त करने का कार्य क्या अकेला ही किया था?...? नहीं उसे, उन्होंने हनुमान, अंगद, नल-नील आदि वानर एवं भालुओं के सहयोग से पूरा किया था। भगवान् कृष्...
- भगवान् श्रीकृष्ण की लीलाएँ क्या हैं?...? कृष्ण भगवान् जेलखाने में पैदा हुए, जो चारों तरफ से बन्द था, जिसमें उनके माता-पिता बन्द थे। जंजीरों ...
- भविष्य के सम्बन्ध में विचार करने पर भी दृष्टि इसी केन्द्र पर जमती है कि सूर्य शक्ति का अगले दिनों कितना और किस प्रकार उपयोग कर सकना सम्भव होगा?...? मनुष्य की सबसे बड़ी आवश्यकता ‘ऊर्जा’ पर अवलम्बित है। भोजन बनाने, ईंट, सीमेन्ट, रसायने विनिर्मित करन...
- भस्मासुर कैसे भस्म हुआ?...? एक लड़का था। उसने देखा कि शंकर भगवान की उपासना करते हुए लोगों ने बहुत लाभ और उन्नति कर ली। उसका मन...
- भावनाशीलों का क्या कहना?...? सन्त सज्जनों ने न जाने कितनों को अपने सम्पर्क से लोहे जैसे लोगों को पारस की भूमिका निभाते हुए कुछ से ...
- भावी पीढ़ी समुन्नत स्तर की कैसे बने?...?...
- भूतकाल के नारीरत्नों का स्मरण करके यह आशा बलवती होती है कि समय की पुनरावृत्ति कितनी सुखद होगी?...? कुन्ती के पाँच देव-पुत्र जन्मे थे। मदालसा ने योगी पुत्रों को व गंगा ने वसुओं को जन्म दिया था। सीता ...
- मन्दिर में कोई शेर-चीता आता है?...? मन्दिर में कोई सिगरेट पीता है? मन्दिर में कोई सिगरेट मत पीना। साहब! हमको सिगरेट पीने की आदत है। आदत ह...
- मन का भागना बन्द करने के क्या तरीके हैं?...? यह मैं कल आपको समझा रहा था कि उपासना में क्रिया के साथ-साथ मन को भी लगाइए। मन कैसे लगाएँ? बेटे, मैं...
- मन की साधना कैसे करें?...? देवियो, भाइयो! मैंने आपको शरीर की साधना के दो माध्यम बताए हैं- आहार और विहार। वैसे ही मन की साध...
- मन के छुपे रुस्तम का तो कहना ही क्या?...? वह यक्ष राक्षस की तरह अदृश्य तो रहता है, पर कौतुक-कौतूहल इतने बनाता-दिखाता रहता है कि उस व्यामोह मे...
- मन क्यों भाग जाता है?...? मित्रो! अगर साधना का चमत्कार आपको देखने का मन हो और साधना से सिद्धि की जो बात बताई गई है, वह करना ह...
- मनस्वी कैसा होता है?...? मनस्वी ऐसा होता है जो मन का मालिक होता है और अपने इशारे से मन को चलाता है और कहता है कि भाईसाहब हम ...
- मनुष्य के आन्तरिक उत्थान, आन्तरिक उत्कर्ष, आत्मिक विकास के लिए क्या करना चाहिए और कैसे करना चाहिए?...? इसका समाधान करने के लिए हमको चार बातें तलाश करनी पड़ती हैं। इन्हीं चार चीजों के आधार पर हमारी आत्मिक...
- मनुष्य के आन्तरिक उत्थान, आन्तरिक उत्कर्ष, आत्मिक विकास के लिए करना चाहिए और कैसे करना चाहिए?...? इसका समाधान करने के लिए हमको चार बातें तलाश करनी पड़ती हैं। इन्हीं चार चीजों के आधार पर हमारी आत्मिक...
- मनुष्य के लिए खोज का सर्वाधिक महत्त्वपूर्ण प्रश्न कौन सा हो सकता है?...? श्वेताश्वेतरोपनिषद् का ऋषि स्पष्ट करता है-‘‘किं कारणं ब्रह्म कुतः स्मजाता जीवाम् केन क्वच सम्प्रतिष...
- मनुष्य क्या है?...? इसके उत्तर में एक ही शब्द कहा जा सकता है-विचारों का पुञ्ज। अपने दृष्टिकोण के आधार पर ही जीवन का बाह...
- मनुष्य क्या है?...? जीवन का स्वरूप एवं लक्ष्य क्या है? जीवन के साथ जुड़े संसार एवं प्राप्त विभूतियों का सही उपयोग क्या ह...
- मनोकामनाएँ पूरी करना खराब बात नहीं है, पर शर्त एक ही है कि यह किस काम के लिए, किस चीज के लिए माँगी गई हैं?...? अगर सांसारिकता के लिए माँगी गई हैं तो उससे पहले यह जानना जरूरी है कि उस दौलत को हजम कैसे कर सकते है...
- मशीनों का आश्रय लेकर उपलब्धियों का उपार्जन करना और सुविधा साधन बढ़ाना अच्छी बात है, पर जब तक उतनी बड़ी व्यवस्था नहीं बन पाती तब तक साठ करोड़ मनुष्यों में से समर्थों के दो-दो हाथों का उपयोग करना क्या बुरा है?...? इनमें से आधे हाथ ही आधा अधूरा काम करते हैं। मस्तिष्कों के मनोयोग का तो इतना भी उपयोग नहीं बन पड़ता। ...
- महाक्रान्ति के वर्तमान दौर में क्या हो रहा है?...? क्या होने जा रहा है? क्या बन रहा है? क्या बिगड़ रहा है? इसका ठीक तरह सही स्वरूप देख पाना सर्वसाधारण...
- महिला ने विचार किया कि जब मात्र छ: महीने ही जीना है, तो इस समय का श्रेष्ठतम उपयोग क्यों न कर लिया जाए?...? सोचते-सोचते वह इस निष्कर्ष पर पहुँची कि मेरी हैसियत तो ऐसी नहीं है कि ऐसी अनेकों मशीनें देश में लगा...
- माँगो, क्या माँगते हो?...? राजनांदगाँव शहर के बाबूभाई मानेक, की अनुभूति उल्लेखनीय है। उन्होंने बताया कि उन्हें सन्तान नहीं थी। ...
- मान लीजिए आप किसी के कान पकड़ने की गुस्ताख़ी करें तब?...? तब उसके पैर छू करके प्रणाम कर लीजिए। अरे साहब! हमसे गलती हो गई, माफ कर दीजिए, पैर छूते हैं आपके। का...
- मानवी गरिमा के अनुरूप जीवन यापन कैसे किया जा सकता है?...? उसके साथ जुड़ी हुई मर्यादाओं का परिपूर्ण निर्वाह कैसे हो सकता है और वर्जनाओं से कैसे बचा जा सकता है...
- मालदार आदमी से रिश्ता बना लेने पर क्या हो सकता है?...? लालबहादुर शास्त्री का नाम सुना है आपने, वे बिलकुल एक छोटे से आदमी थे, लेकिन पण्डित नेहरू के साथ में ...
- माला या मशीनगन?...?
हे भगवान! चल हमको दर्शन दे। हाँ, लीजिए साहब! कीजिए दर्शन। तू भगवान को ऐसा समझता है? नहीं महा...
- माला या मशीनगन?...? हे भगवान! चल हमको दर्शन दे। हाँ, लीजिए साहब! कीजिए दर्शन। तू भगवन् को ऐसा समझता है? नहीं महाराज जी!...
- मित्रो आप हिन्दुस्तान के व्यक्ति यहाँ अफ्रीका में किस काम के लिए आए थे?...? जवाब दीजिए। आपको इन्हीं उद्देश्यों के लिए यहाँ आना चाहिए था। आपको यहाँ के लोगों को सभ्यता और शिक्षा...
- मित्रो, उन्होंने क्या काम किया कि सारे शहर को हमारा साहित्य पढ़ा दिया और हर एक व्यक्ति से ये कहा, हमारे गुरुजी जिनका कि आपने साहित्य पढ़ा है, क्या आपको पसन्द है?...? सबने एक स्वर से कहा कि अरे भाई! पढ़ा ही क्या, हम तो पगला गए हैं, उनके विचारों को पढ़कर। हम गुरुजी क...
- मित्रो, उन्होंने क्या काम किया कि सारे शहर को हमारा साहित्य पढ़ा दिया और हर एक व्यक्ति से ये कहा, हमारे गुरुजी जिनका कि आपने साहित्य पढ़ा है, क्या आपको पसन्द है?...? सबने एक स्वर से कहा कि अरे भाई! पढ़ा ही क्या, हम तो पगला गए हैं, उनके विचारों को पढ़कर। हम गुरुजी को ...
- मित्रो, क्या करना चाहिए?...? हमको अपनी सामर्थ्य को सार्थक, रचनात्मक कार्यों, सृजनात्मक और विकासोन्मुख कामों में लगाना चाहिए। जिस...
- मित्रो, क्या करना पड़ेगा?...? आपको वहाँ जाने के बाद में सक्रिय कार्यकर्ता के रूप में, एक मार्गदर्शक के रूप में आपको रहना पड़ेगा।...
- मित्रो, गायत्री मंत्र क्या है?...? इसके महान पक्ष को जरा आप देख पाएँ तो अच्छा है। मैंने अभी निवेदन किया था कि गायत्री मंत्र के चार चरण...
- मित्रो, चाणक्य की बात आपको नहीं मालूम?...? चाणक्य ने निश्चय कर लिया था, बाल बिखेर दिये थे कि जब तक नंद-वंश का नाश नहीं कर दूँगा, तब तक चोटी ...
- मित्रो, जप करने से क्या मतलब है?...? जप करने से हमारा मतलब देवपूजन से है। इसमें देवपूजन के साथ आत्मशोधन की दो क्रियाएँ जुड़ी हुई हैं। यह ...
- मित्रो, देवी को आप क्या बनाना चाहते हैं?...? देवी को औरत बनाना चाहते हैं, आप देवी के पति बनना चाहते हैं न। कौन बनना चाहता है? पति बनना चाहता है ...
- मित्रो, धनवान क्या केवल बीड़ी बनाने के उद्योग में ही अपना पैसा खरच करते रहेंगे?...? क्या चाय बागानों में ही लोगों की पूँजी लगती रहेगी? क्या वनस्पति तेल बनाने में ही लोगों की पूँजी लगी...
- मित्रो, ब्राह्मण किसे कहते हैं?...? यह कोई जाति नहीं, वरन् मानव समुदाय का वह वर्ग है, जो केवल अपने लिए ही नहीं, देश समाज और संस्कृति ...
- मित्रो, यह हम क्या कह रहे थे?...? यह बतला रहे थे कि आप भी अगर इस दुनिया के राजा, जिसका नाम भगवान् है अगर अपना सम्बन्ध उससे जोड़ लें ...
- मित्रो, लड़ाई लड़े बिना कैसे काम चलेगा?...? रावण से लड़े बिना काम चला? दुर्योधन से लड़े बिना काम चला? कंस से लड़े बिना कहीं काम चला? लड़ाई मोहब्ब...
- मित्रो, शीरी फरिहाद की बात सुनी होगी आपने?...? फरिहाद को यह कहा गया था अगर वह शीरी से शादी करना चाहता है, तो यहाँ से ३२ मील लम्बी दूरी को काटकर ...
- मुसीबतों के दिन क्या ऐसे ही बने रहेंगे?...? क्या विनाश की तबाही इसी तरीके से ही होती रहेगी? क्या इस सुन्दर दुनिया की बरबादी इसी तरह से होती र...
- मूर्तियाँ में आप ताकत बताने लगेंगे तो क्या हो जाएगा?...? तब ये बुत-परस्ती हो जाएगी। मोहम्मद साहब ने बुत-परस्ती के खिलाफ आन्दोलन शुरू किया था। पूजा को तो कोई ...
- मृत व्यक्ति काम क्यों नहीं कर सकते?...? क्योंकि इनके अन्दर से एक चीज गायब हो गई है और उस चीज का नाम है—चेतना, जिसको चित् शक्ति कहते हैं।...
- मृतकों से क्या अपेक्षा?...? मित्रो! सारे-के-सारे ये वो लोग हैं, जो मर गए हैं, जो सड़ गए हैं। लोभ के अलावा, लालच के अलावा, ख्वा...
- मेंढक बिना माँगे गुजारा कर सकता है, मछली बिना माँगे गुजारा कर सकती है, हिरन अपना बिना माँगे गुजारा कर सकता है, मच्छर अपना गुजारा कर सकता है, तो आपके ऊपर कहाँ से आफत आ गई?...? भगवान से आप माँगते फिरेंगे, क्यों माँगेंगे? आप भगवान से? भगवान ने आपको दिया क्या नहीं है? भगवान् ने...
- मेरे गुरु के व्याख्यान देने का कार्य बन्द हो गया तो क्या उनकी शक्ति कम हो गई?...? हम नहीं बोल रहे हैं, हमारा गुरु बोल रहा है। आप भी उनकी शक्ति से बोलेंगे। प्रज्ञापुराण जब आप पढ़ेंग...
- मेरे गुरु के व्याख्यान देने का कार्य बन्द हो गया तो क्या उनकी शक्ति कम हो गई?...? हम नहीं बोल रहे हैं, हमारा गुरु बोल रहा है। आप भी उनकी शक्ति से बोलेंगे। प्रज्ञापुराण जब आप पढ़ेंगे ...
- मेरे पाँच शरीर हैं, आप जानते नहीं क्या?...? पर पचासों लोग जानते हैं, एक जगह मैं एक काम करता रहता हूँ, दूसरी जगह पर मैं दूसरा काम करता रहता हूँ।...
- मैं अब आपको समझाने की कोशिश करूँगा कि साधना का स्वरूप क्या हो सकता है?...? असली साधना क्या है? नकली की तो मैं क्या कहूँगा आपसे। असली साधना कैसे की जाती है? यह बताता हूँ आपको।...
- मैं अब आपको समझाने की कोशिश करूँगा कि साधना का स्वरूप क्या हो सकता है?...? असली साधना क्या है? नकली की तो मैं क्या कहूँगा आपसे। असली साधना कैसे की जाती है? यह बताता हूँ आपको।...
- मैं आपसे यह कह रहा था कि आप आध्यात्मिक उन्नति के लिए पूजा करते हैं, तो आपको मुबारक, आप उपवास रखते हैं, बहुत अच्छी बात, आप यहाँ अनुष्ठान करते हैं, इससे अच्छी बात क्या हो सकती है?...? लेकिन इसके साथ-साथ यह मत भूलिए कि इनके जो मुनासिब लाभ हैं, वह आपको उस समय तक नहीं मिल सकेंगे जब तक ...
- मैं उत्पन्न नहीं हुआ हूँ, फिर मेरा जन्म-मृत्यु कैसे?...? मैं प्राण नहीं हूँ, फिर भूख-प्यास मुझे कैसी? मैं चित्त नहीं हूँ, फिर मुझे शोक-मोह कैसे? मैं कर्ता न...
- मैं कहता हूँ अपना वर्तमान जीवन, वर्तमान व्यक्तित्व क्या विकसित किया जा सकता है?...? हाँ हो सकता है।...
- मैं क्या कह रहा था?...? बेटे, मैं पारस की बात कह रहा था। पारस उसे कहते हैं जिससे आदमी की शक्ल बदल जाए। आदमी की सूरत बदल जाए...
- मैं क्या हूँ?...?...
- मैं क्या हूँ?...? भूमिकाजानकारी की अनेकों वस्तुओं में से ''अपने आपकी जानकारी'' सर्वोपरि है। हम बाहरी अनेकों बातों को ...
- मैं क्या हूँ?...? 2. जीवन लक्ष्य और उसकी प्राप्ति 3. आत्मा वाऽरे ज्ञातव्यः 4. आत्मा न नारी है न नर ‘‘क्रान्तिधर्...
- मैं गिड़गिड़ाऊँ, क्यों गिड़गिड़ाऊँ भगवान् के सामने?...? मैं किसी के सामने नहीं गिड़गिड़ा सकता। मैं गिड़गिड़ाऊँगा, तो अपनी आत्मा के सामने गिड़गिड़ाऊँगा और अपने मन...
- मैं तुझे उदाहरण देकर समझाता हूँ—बिजली के दो तार जब आपस में मिलते है तो क्या बात होती है?...? बताइये? उसमें से स्पार्किंग होती है और करेंट निकलता है। क्या निकलते हैं? ‘आदर्श’ और सिद्धान्त निकलत...
- मैंने कहा कि अगर गवर्नमेन्ट आपका बीस लाख रुपये ले ले, तो आपका क्या हर्ज होगा?...? आप सोच लीजिएगा कि सात-आठ साल तक आपने कमाया ही नहीं। वह मुस्कराने लगा। फिर मैंने उसे माताजी के पास...
- मैंने पूछा, ‘‘गुरुजी, हिमालय में कौन सा भाग सबसे अच्छा है?...? ’’ गुरुजी बोले, ‘‘हिमालय का सबसे अच्छा स्थान, हिमालय का हृदय है। हमारे गुरुजी उससे भी बहुत ऊपर रहते...
- मैंने पूछा-‘‘गुरुदेव, कहा जाता है कि जूठन छोड़ना पाप है, फिर भी बहुत लोग जूठन छोड़ते हैं?...? ऐसा क्यों?’’गुरुजी ने कहा, ‘‘बेटा! आजकल, अन्न हम पैसे से खरीदते हैं। इसलिये लोग उसकी तुलना पैसे से ...
- मैच्योर किसे कहते हैं?...? जो अपनी जिम्मेदारी को समझता है। पहले रमेश नंगा हो जाता था। अब वह बड़ा हो गया है। 25 साल का हो गया है...
- मोटी बुद्धि यही सोच सकती थी कि प्रभात होते ही भोजन, शृंगार, उपार्जन जैसे साधन तत्काल जुटने चाहिए थे, पर अब देखा जाता है कि सब लोग प्रथम काम गन्दगी हटाने का ही समझ रहे हैं और घर की चीजें बाहर पटक रहे हैं तो लगता है इन लोगों पर कही विक्षिप्तता तो नहीं चढ़ दौड़ी?...? पेट का आहार मल रूप में विसर्जित करना, घर का कूड़ा घूरे पर फेंकना, बासी बचा भोजन कुत्तों को डालना, घ...
- मोती का अभिलाषी हँसा, कैसे पत्थर खाये?...?
मान सरोवर का वासी यह, कीचड़ में अकुलाए॥
तुमने इसे कषाय-कल्मषों, में हर समय डुबाया।
दल-दल में ...
- यज्ञ की फिलॉसफी के बारे में भी लोगों को बताना पड़ेगा कि यज्ञ हिन्दू धर्म का अक्षुण्ण अंग क्यों है?...? हमारी संस्कृति का अक्षुण्ण अंग क्यों है? इसकी प्रेरणाएँ क्या हैं, इसका प्रकाश क्या है? इसकी शिक्षाए...
- यज्ञ की फिलॉसफी के बारे में भी लोगों को बताना पड़ेगा कि यज्ञ हिन्दू धर्म का अक्षुण्ण अंग क्यों है?...? हमारी संस्कृति का अक्षुण्ण अंग क्यों है? इसकी प्रेरणाएँ क्या हैं, इसका प्रकाश क्या है? इसकी शिक्षाए...
- यज्ञ की शिक्षाओं को मैं आपको क्या बताऊँ?...? इसके प्रभाव से शरीर का स्वास्थ्य अच्छा होता है, बेशक अच्छा होता है। अभी वह समय आयेगा कि यह दुनिया क...
- यज्ञ की हम व्याख्या करते हैं तो आप हमसे कहते हैं कि गुरुजी आप यज्ञ की व्याख्या क्यों करते हैं?...? आप तो दनादन हवन कराइए और धड़ाधड़, तड़ातड़ आँसू गिराइए। व्याख्या क्यों करते हैं? बेटा, हम व्याख्या नहीं ...
- यज्ञ की हम व्याख्या करते हैं तो आप हमसे कहते हैं कि गुरुजी आप यज्ञ की व्याख्या क्यों करते हैं?...? आप तो दनादन हवन कराइए और धड़ाधड़, तड़ातड़ आँसू गिराइए। व्याख्या क्यों करते हैं? बेटा, हम व्याख्या नहीं ...
- यज्ञ भगवान की चौथी वाली नसीहत क्या है?...? चौथी वाली नसीहत यह है कि जो कुछ भी इसके पास जाता है, उसे वह अपने समान बना लेता है। आग के पास जो कुछ...
- यदि इतना न हो, तो उसको क्या कहा जाए?...? उसके लिए सिर्फ एक ही शब्द काम में लाया जा सकता है, उसका नाम है नर-पशु। नर-पशु कई तरह के हैं और नर-प...
- यदि इतिहास पढ़ाया जाना हो, तो उस जमाने की परिस्थितियों में परिवर्तन किस तरह से हुआ और उन परिस्थितियों में हेर-फेर क्यों हुआ विदेशी शासकों के आने का क्या कारण था और शासन व्यवस्था में क्या चूक हुई और जनता से क्या चूक हुई?...? इस तरह का विश्लेषणात्मक शिक्षण दिया जाए जिससे कि आदमी परिस्थितियों के हेर-फेर के बारे में थोड़ा जान ...
- यदि कोई बुरा आदमी सज्जनता की बाना पहने हैं, एक सियार-शेर का चमड़ा ओढ़कर रहता है और उसके बारे में लोगों की आँखें खुल जाएगी, तो क्या हर्ज की बात है?...? हमको सही कहना, अच्छे को अच्छा कहना, बुरे को बुरा कहना सीखना चाहिए और हमको गलत आदमियों का असहयोग करन...
- यदि पति-पत्नी एक समझौता कर ले कि अपने बच्चों को पोषण, विकास और उन्हें सज्जन, उदार, सद्गुणी बनाने के लिए वे परस्पर अत्यधिक प्रेम, सौजन्यता, उदारता और आत्मीयता का जीवन जियेंगे और भोग-वासना आदि कलह बढ़ाने वाले, प्रेम श्रृंखलित करने वाले कारणों को जन्म नहीं देंगे तब तो बच्चों का यह सत्याग्रह भी सफल हो सकता है अन्यथा बालक तो बालक ही हैं, इससे अधिक बेचारे और क्या कर सकते हैं?...? यह बात सुनने में तो जरूर कुछ अटपटी सी लगेगी कि कुछ अभिभावक प्रेम के नाम पर बच्चों से दुश्मनी करते ह...
- यदि प्रत्येक प्राणी के भीतर राम और प्रत्येक प्राणी के भीतर सिया की यह वृत्ति हमारी आँखों में आ जाये, तो फिर क्या हम किसी आदमी के साथ में दुःख का व्यवहार करेंगे?...? किसी आदमी का शोषण करेंगे? क्या किसी आदमी के साथ में ठगबाजी करेंगे? क्या हम किसी के साथ में चालाकी...
- यदि हनुमान जी ने भगवान् के लिए नमस्कार किया, तो ढोंग किसलिए किया?...? ब्राह्मण क्यों बन गए? जब भगवान् को जानते थे कि वे भगवान् हैं, तो फिर ढोंग काहे को बनाया? चले जाते औ...
- यह अतिरिक्त धन आखिर आये कहाँ से?...? ईमानदारी से आज की परिस्थितियों में कोई गुजारे भर को कमा सकता है। जमा करना अति कठिन है। विवाहों में ...
- यह आवश्यक क्यों उत्पन्न हुई?...? प्रश्न उठना स्वाभाविक है। उत्तर एक ही है-इन दिनों व्यापक क्षेत्रों में जो असन्तुलन में साध और ढाल सक...
- यह कहा जाता है कि अगले बारह वर्षों तक वर्तमान प्रक्रिया का संचालन करने के लिए हम जीवित न रहेंगे, तब इतनी बड़ी योजना का कार्यान्वयन कैसे होगा?...? इस सन्दर्भ में हर प्रश्नकर्ता को ध्यान में रखना चाहिए, कि हमारे द्वारा बन पड़े परमार्थों में ९९ प्र...
- यह किनकी बात कर रहा हूँ?...? स्वामी केशवानन्द की बात कह रहा हूँ। मैं पारस की बात कह रहा हूँ। पारस किसे कहते हैं? पारस उसे कहते ह...
- यह किनसे बन पड़ेगा?...? उसका उत्तर महाकाल के शब्दों में ही मिल जाता है ‘‘जो अपने को तपे सोना जैसा खरा सिद्ध कर सके। चिन्तन,...
- यह किसकी बात कर रहा था?...? हिम्मतवालों की, शक्तिशाली-ताकतवालों की बात कह रहा था। यह शरीर की ताकत नहीं है। यह तो डाकुओं के पास ...
- यह किसने कहा?...? ''शतपथ ब्राह्मण'' ने कहा-निश्चय, जरूर, गारण्टी से, विष्णु जो है, वही यज्ञ भगवान है। जीवन्त भगवान कैस...
- यह कैसा पागलपन?...?
आप क्या कह रहे थे भगवान से? भगवान से मैं यह कह रहा था कि हमारे कर्मों के फल को आप हटाइए और ह...
- यह कैसे रँगा जा सकता है?...? इसको पहले धोबी के यहाँ ले जाओ। धोबी क्या करेगा? इसके ऊपर जो मलीनताएँ चढ़ी हुई हैं, उन मलीनताओं को वह...
- यह कैसे हुआ?...? मात्र एक ही कारण है कि कारखानों में जो कुछ वेस्टेज कूड़ा-कबाड़ा निकलता है वह इन नदी, तालाबों में फेंक...
- यह कैसे हो सकता है?...? कैसे हो सकता है? चलिए मैं बताता हूँ। अगर आदमी गायत्री मंत्र के आधार पर वास्तव में ध्यान करे तो क्या...
- यह क्या कर दिया?...? मित्रो! यह जादू, यह चुम्बकत्व और यह मैग्नेट वहाँ से शुरू हो गया। परिणाम क्या हुआ? परिणाम आपने देख...
- यह क्या किया बुद्ध ने?...? बेटे, बुद्ध ने यही किया। दैवीय सभ्यता का प्रसार इसी से हुआ है। तो क्या बुद्ध ने बड़े व्याख्यान दिए थ...
- यह क्या किया बुद्ध ने?...? बेटे, बुद्ध ने यही किया। दैवीय सभ्यता का प्रसार इसी से हुआ है। तो क्या बुद्ध ने बड़े व्याख्यान दिए थ...
- यह क्या है?...? यह है-सेंटीमेंट्स। तो क्या ईश्वर विश्वास सेंटीमेंट है? ईश्वर विश्वास सेंटीमेंट्स नहीं है। सेंटीमेंट...
- यह क्या है?...? बेटे, यह एक बुद्धि है, एक विचारणा है, एक संकल्प है, एक सिद्धान्त है। अगर ये सिद्धान्त हमारे और आपके म...
- यह क्या है?...? यह बेटे प्राण हैं। गायत्री मंत्र का पहला हिस्सा है—कलेवर, जिसको हम लिफाफा कहते हैं। लिफाफे की पहले ...
- यह क्या हो गया?...? यह प्रतीक-पूजा हो गयी—कम्युनिस्ट पार्टी वाले इस बात को नहीं मानते कि कोई भगवान है और कोई पूजा है और...
- यह तो हमारे जिम्मे का काम है और आपके जिम्मे का क्या है?...? आपको भी कुछ करना चाहिए? आप नहीं करेंगे तब? रानी मक्खी शहद के छत्ते में बच्चे दिया करती है, लेकिन वह...
- यह दयनीय दुर्दशा कब तक?...?...
- यह दृष्टिकोण आने से क्या होता चला गया?...? मित्रो! इसके आने से हमारे घरों का सत्यानाश होता चला गया। हमारी सम्पत्ति बेकार हो गई, नाकारा हो गई। ज...
- यह न देखें कि मिला क्या?...? साथियो! कर्मयोग में भगवान् ने यह बताया है कि आप यह मत देखिए कि उसमें फायदा हुआ कि नहीं? हमने जो च...
- यह नहीं करेंगे तो क्या हो जाएगा?...? यदि आपकी श्रद्धा कायम रही तो फिर एक नई चीज पैदा होगी। तो उसमें से अंकुर जरूर पैदा होगा। फिर क्या पै...
- यह निश्चय होने के पश्चात यह सवाल पैदा हुआ कि आखिर कथा कहेगा कौन?...? कहने से क्या है, पैंतीस रुपए में किसी पण्डित जी को बुला लीजिए। पाँच रुपए रोज के हिसाब से पण्डित जी को...
- यह पारस क्या है?...? यह है प्रेम। एक काला-कलूटा आदमी जिसे आप पूर्णतया कुरूप, गँवार या असभ्य कह सकते हैं, अपनी स्त्री के ...
- यह महापुरश्चरण कैसा है?...? आप सबने अखबारों में पढ़ा होगा। तो क्या पच्चीस कुण्डीय यज्ञों के माध्यम से पुरश्चरण होगा? यज्ञ नहीं बे...
- यह शिक्षण किसका है?...? हमारे पुरोहित का। हमारा पुरोहित कमाता तो बहुत है, पर जमा नहीं करता; जबकि हम जमा करने में होशियार है...
- यह साझेदारी किसकी हो?...? मनुष्य को मिली विभूतियाँ, ईश्वर प्रदत्त क्षमताएँ इतनी गरिमामय हैं, जिन्हें देखकर उसे सृष्टि का राजक...
- यह हर व्यक्ति के कर्मों का लेखा किस आधार पर कैसा, किस प्रकार, कितना, क्यों लिखता है?...? यह अगली पंक्तियों में बताया जाएगा एवं चित्रगुप्त द्वारा लिखी हुई कर्म रेखाओं के आधार पर स्वर्ग-नरक ...
- यहाँ परिजनों के पिछले दिनों के योगदान का मूल्यांकन घटाकर नहीं किया जा रहा है, पर इतने भर से बात तो नहीं बनती?...? महाकाल की अभिनव चुनौती स्वीकार करने के लिए उतने पर ही सन्तोष नहीं किया जा सकता, जो पिछले दिनों हो च...
- यही वह भूल-भुलैयों का भटकाव है, जिसे तत्त्वदर्शी प्राय: मायाजाल कहते और उससे बच निकलने की चेतावनी देते रहते हैं, पर उस दुर्भाग्य को क्या कहा जाये, जो मूर्खता छोड़ने और बुद्धिमत्ता अपनाने की समझ को उगने-उठने ही नहीं देता?...? सुर दुर्लभ मनुष्य-जीवन की दु:ख भरी बर्बादी की यह पृष्ठभूमि है। आश्चर्य यह है कि शिक्षित, अशिक्षित, ...
- युग परिवर्तन का यही समय क्यों?...?...
- युग परिवर्तन क्यों और कैसे?...? 5. महाकाल का प्रतिभाओं को आमंत्रण 6. मनुष्य की दुर्बुद्धि और भावी विनाश 7. इक्कीसवीं सदी के लिय...
- ये ऐसा भयंकर समय है, ऐसे भयंकर समय में क्या आपके लिये कोई जिम्मेदारियाँ नहीं हैं?...? क्या आपके लिये कोई कर्तव्य नहीं हैं? क्या आपके अन्दर भावनाएँ नहीं हैं? क्या आप भावना शून्य हो गये है...
- ये कहाँ से बनाया?...? जो पैसा, पिताजी का छोड़ा हुआ था, उसको हमने खाया नहीं। छोटी उमर में खा लिया होगा तो हम नहीं कह सकते। ...
- ये किनकी बात मैं कह रहा हूँ?...? हीरालाल शास्त्री की बात मैं कह रहा हूँ।...
- ये किसकी कहानी है?...? ये बेटे! हमारी और तुम्हारी कहानी है। आपको हम बुलाते हैं, पकड़ते हैं चवन्नी के हिसाब से। लो भाई! आ जा...
- ये कैसे इष्टदेव हैं?...? बेटे, ये हमारे इष्टदेव इसलिए हैं कि ये सारे-के विश्व के प्रतीक हैं, ग्लोब की तरीके से नमूने हैं और ...
- ये कैसे हो जाएँगी?...? मित्रो! आदमी की जो घटिया वृत्तियाँ हैं, वे न केवल आदमी के शरीर को, वरन् उसके ईमान को और अन्तःकरण क...
- ये कैसे हो जाएँगी?...? मित्रो! आदमी की जो घटिया वृत्तियाँ हैं वे न केबल आदमी के शरीर को, वरन उसके ईमान को और अन्तःकरण को गल...
- ये कौन घुसाता है?...? डेमन। डेमन कौन सा होता है? डेमन कहते हैं भगवान को। आपके डेमन का क्या नाम है? अपने गुरु को हम डेमन क...
- ये कौन थे?...? इनका नाम था पादरी; इनका नाम था साधु; इनका नाम था परिव्राजक। मेरे मन में आया कि इनके चरणों को धोकर क...
- ये कौन हैं?...? ये सिद्धान्तवादी हँस हैं, जो एक- एक पाई के ऊपर ईमान बनाकर रखते हैं। एक- एक पैसे के ऊपर मरते- फिरत...
- ये कौन हैं?...? ? 'श्रद्धा विश्वास रूपिणौ' अर्थात श्रद्धा का नाम पार्वती और विश्वास का नाम शंकर। श्रद्धा और विश्वास...
- ये कौन हैं?...? ‘श्रद्धा विश्वास रूपिणौ’ अर्थात् श्रद्धा का नाम पार्वती और विश्वास का नाम शंकर। श्रद्धा और विश्वास—...
- ये कौन-सी बात है शिवाजी की?...? शिवाजी की नहीं है और न ही समर्थ गुरु रामदास की बात है। उपासना का तत्त्वज्ञान और फिलॉसफी मैं समझाऊँग...
- ये क्या कह रहा थ मैं?...? मैं सहयोग की बात कर रहा था। समाज इसी पर टिका हुआ है। संघ-शक्ति इसका नाम है और आपको तो ये मालूम ही ह...
- ये क्या कह रहा हूँ?...? बेटा, मैं मालदारी की बात कह रहा हूँ। मालदारी की बात तो ही आप समझते हैं और कोई भाषा ही नहीं समझते। ग...
- ये क्या कह रहे थे भिखारी और जँवाई की बात?...? ? हाँ बेटे, आपसे मैं इसलिए कह रहा हूँ कि आप शुरू से देखिए कि जिनसे आप मिन्नतें करते हैं जिनसे आप कु...
- ये क्या था?...? ये दैवीय सभ्यता है बेटे और कुछ नहीं है। गिलहरी कौन थी? मुझे गिलहरी का जिक्र करने की जरूरत नहीं है। ...
- ये क्या हुआ?...? अलंकार हुआ। ये अलंकार है। लोगों की शक्ति निकल सकती है? हाँ, आप में से निकाल लूँ आपकी शक्ति, आप कहें...
- ये क्या है?...? ये बेटे सब तमाशे हैं, खेल-खिलौने हैं। ये सब बहुत दिनों पहले थे। हमारी दुकान बड़ी हो गई है और अब मै...
- ये क्या है?...? ये बेटे सब तमाशे हैं, खेल-खिलौने हैं। ये सब बहुत दिनों पहले थे। अब हमारी दुकान बड़ी हो गई है और अब आ...
- ये क्या है?...? ये बेटे वही है जिसे हम प्रज्ञा का—गायत्री माता का प्रचार कहते हैं। प्रज्ञा का प्रसार करने के लिए सम...
- ये क्या होता है?...? बेटे! ये दैवी सभ्यता की शुरुआत होती है। यह न तो व्याख्यान से हुई, न कथा से हुई और न सत्संग से हुई। ...
- ये क्या होता है?...? बेटे। ये दैवी सभ्यता की शुरुआत होती है। यह न तो व्याख्यान से हुई, न कथा से हुई और न सत्संग से हुई। ...
- ये तीन चीजें अगर आपने उपासना में सम्मिलित कर ली हैं, तो आप देखेंगे कि उसके द्वारा कैसा लाभ एवं चमत्कार आपको मिलता है?...? आपको प्रातःकाल टट्टी जाने, चाय पीने की आदत होती है। यह हो जाने पर आपका जकड़ा हुआ शरीर क्रियाशील हो ज...
- ये दृष्टिकोण अगर आपका बदल जाए तब?...? तब फिर मजा आ जाए! तो आपकी बहुत-सी समस्याओं का हल हो जाए। व्यक्तिगत जीवन में जीवन के दृष्टिकोण को बद...
- ये देवियाँ, ये देवता किस कदर हमारे ऊपर हावी हो गए हैं, मैं क्या कह सकता हूँ आपसे?...? ये देवी-देवता इस कदर हावी हैं हमारे ऊपर कि इन देवी-देवताओं के बिना हम एक कदम नहीं चल सकते। किसी गाँ...
- ये देवी-देवता हमें क्या देंगे?...? मित्रो! आप देवताओं से भी वो काम कराना चाहते हैं, जो देवता बेचारे नहीं कर सकते, जो उनके काबू में नही...
- ये भला मूर्तिपूजा नहीं हुई?...? तो क्या हुई? नहीं साहब! ये तो वो हैं। ये लोग नहीं हो सकते। ये समाजवादी हैं, ये फलानेवादी हैं, ढिमाक...
- ये भूत आपको कहाँ मिलेंगे?...? मित्रो! आप पाश्चात्य देशों में चले जाइए। वहाँ आपको प्रेत मिलेंगे, पिशाच मिलेंगे। कैसे? जो अशान्त-ह...
- ये भूत आपको कहाँ मिलेंगे?...? मित्रो! आप पाश्चात्य देशों में चले जाइए। वहाँ आपको प्रेत मिलेंगे, पिशाच मिलेंगे। कैसे? जो अशान्त ही ...
- ये सब चीजें भगवान् को मन्दिरों के माध्यम से जो भगवान् के निमित्त चढ़ाई जाती हैं, उनके पीछे सिर्फ एक ही उद्देश्य छिपा था कि लोकसेवी को, जो एक तरीके से भगवान् के प्रतिनिधि कहे जा सकते हैं, जिन्होंने अपने व्यक्तिगत स्वार्थों की तिलाञ्जलि दी और अपनी व्यक्तिगत सुविधाओं को ताक पर रख दिया, जिन्होंने केवल लोकमंगल का ही ध्यान रखा, केवल भगवान् के सन्देशों का ही ध्यान रखा, भगवान् का प्रतिनिधि न कहें तो क्या कहें?...? भगवान् के प्रतिनिधियों को जीवनयापन करने के लिए निवास से लेकर भोजन, वस्त्र तक और दूसरी चीजों के खर...
- ये सब हैं क्या?...? बिलकुल हैं और आपके साथ हैं, आप देख नहीं पा रहे हैं। यहाँ जिस कोठरी में आप रहते है, जिस वातावरण में ...
- यों मन समझाने के लिए ऐसा भी कुछ सोचा जा सकता है कि प्रयत्न क्या करने होंगे?...? पदार्थों के सरंजाम जुटाने में किस प्रकार के प्रयास-परिवर्तन करने होंगे? उत्तर उन प्रश्नों के भी हो ...
- रंगमंच पर किस पात्र को क्या भूमिका निभानी है?...? इसका निश्चय पहले ही हो जाना है। पर्दा खुलने पर तो अभिनय की निर्धारित प्रक्रिया ही दुहरा भर लेने का ...
- रहस्य क्या है?...? यह खोजने की बात सामने आने पर भूतकाल की साक्षी और वर्तमान की दूरदर्शी विवेचना यही बताती है कि जन कल्...
- रात बेचैनी में कटी, वीरता और क्रूरता की व्याख्या उसके अन्तर को कचोटती रही तो क्या वह वीर नहीं है?...? फिर वीरता के लिए किया गया यह सब कुछ? प्रश्न शून्य में विलीन हो गया कोई उत्तर नहीं था।सुबह उठते ही उ...
- राम के नाम की धुलाई, राम के नाम की सफाई—राम का नाम क्या है?...? साबुन है बेटे! हम रोजाना सफाई करते हैं। काहे की सफाई करते हैं? अपने शरीर को स्नान कराते हैं।...
- रामचरित और कृष्णचरित के बारे में जिन पुस्तकों का हमने चयन किया है, उनके बारे में मैं एक बार चुपचाप विचार करने लगा कि अरे भाई ये किसकी किताबें हैं गीता लड़ाई-झगड़े की किताब है?...? धत् तेरे की! कहाँ एक ओर ''द्यौ शान्ति अन्तरिक्ष शान्ति.... की किताबें पढ़ने चले हो और अब दूसरी ओर लड़ा...
- रामराज्य कैसे आया?...? मित्रो! रामराज्य का बीज अयोध्या में बोया गया और वह भी एक छोटे-से खानदान में। कैसे बो दिया गया? बेटे...
- रामराज्य कैसे आया?...? मित्रो! रामराज्य का बीज अयोध्या में बोया गया और वह भी एक छोटे से खानदान में। कैसे बो दिया गया? बेटे...
- रामायण की जीवात्मा कहाँ है?...? रामायण की जीवात्मा वहाँ है, जबकि हम रामचंद्र जी के उपदेश का परिपालन और रामचंद्र जी की भक्ति किस त...
- राष्ट्र की आधी जनशक्ति क्या पंगु ही पड़ी रहेगी?...?
जब हम नारी की दयनीय स्थिति पर विचार करते हैं तो हमें ऐसा लगता है कि आने वाला समय बड़ा संघर्ष का ...
- राष्ट्र की आधी शक्ति क्या पंगु ही पड़ी रहेगी?...?
२. यह दयनीय दुर्दशा कब तक?...
- रिश्ता मिलाने के लिए क्या करना पड़ता है?...? बस यही तो मुझे आपसे कहना था। रिश्ता मिलाने में आप ख्याल करते हैं कि रिश्वत देनी पड़ती है, चापलूसी कर...
- रूस की राज क्रान्ति जब मुट्ठी भर श्रमिकों ने सम्पन्न कर ली और लेनिन को उसका नेतृत्व सौंपा गया तो वे स्वयं चकित रह गए कि इतना कठिन, इतना समय साध्य कार्य इतनी जल्दी, इतने स्वल्प प्रयासों से आखिर हो कैसे गया?...? अब्राहम लिंकन दक्षिण अमेरिका में प्रचलित गुलाम प्रथा के पक्षधरों की कट्टरता और कठोरता को देखते हुए ...
- रोज मानव कर रहा दुःख की शिकायत, दुष्टता की कर रहा फिर क्यों हिमायत?...?
दुःख हरेंगे प्रभु स्वयं अवतार लेकर, मानवी पुरुषार्थ को पर साथ लेकर॥
सूर्य उगकर भी भला क्या हित...
- लंका की आसुरी सभ्यता उस जमाने में सब जगह आतंक फैला रही थी और सारा विश्व, सारे देश त्राहि-त्राहि कर रहे थे कि अब क्या होने वाला है?...? हर आदमी अनीति के मार्ग पर चलने का शिक्षण प्राप्त कर रहा था और अनाचार के लिए कदम बढ़ाता हुआ चला जा रह...
- लंका की आसुरी सभ्यता उस जमाने में सब जगह आतंक फैला रहीं थी और सारा विश्व, सारे देश त्राहि त्राहि कर रहे थे कि अब क्या होने वाला हैं?...? हर आदमी अनीति के मार्ग पर चलने का शिक्षण प्राप्त कर रहा था और अनाचार के लिए कदम बढ़ाता हुआ चला जा र...
- लक्ष्य और उपक्रम निर्धारित कर लेने के उपरान्त यह निर्णय करना अति सरल पड़ता है कि कौन अपनी मन:स्थिति और परिस्थिति के अनुसार, सम्पर्क परिकर की आवश्यकताओं को देखते हुए, किन क्रियाकलापों में हाथ डाले और प्रगति का एक-एक चरण उठाते हुए, अन्तत: बड़े-से-बड़े स्तर का क्या कुछ कर गुजरे?...? यहाँ यह ध्यान रखने योग्य है कि व्यक्ति अपने प्रभामण्डल सम्पन्न क्षेत्र के साथ जुड़कर ही पूर्ण बनता ...
- लक्ष्य से यह मतलब है कि आपको जाना कहाँ है और बनना क्या है?...? आपके सामने कोई नक्शा तो होना चाहिए। कहाँ जा रहे हैं साहब? ऋषिकेश। कितनी दूर है? १२ मील दूर है। कितन...
- लक्ष्य-उद्देश्य ऊँचे हैं कि नहीं?...?
मित्रो! देवी किसकी सहायता करती है? देवी जप करने वाले की सहायता नहीं करती, पाठ करने वाले की स...
- लक्ष्य-उद्देश्य ऊँचे हैं कि नहीं?...? मित्रो! देवी किसकी सहायता करती है? देवी जप करने वाले की सहायता नहीं करती, पाठ करने वाले की सहायता न...
- लाभ क्या होंगे?...? मित्रो! यह जो पुरश्चरण हो रहा है, उससे क्या फायदा होगा? पुरश्चरण से कई फायदे होंगे। एक फायदा तो अभी...
- लालबहादुर शास्त्री का नाम सुना है आपने?...? लाल बहादुर शास्त्री बिल्कुल छोटे आदमी थे; लेकिन पण्डित नेहरू के साथ में उन्होंने गहरे सम्बन्ध बना ल...
- लेकिन जो मुश्किल का काम है, कठिनाई का काम है, कष्ट का काम है, त्याग का काम है, बलिदान का काम है, वह कौन करेगा?...?...
- लेकिन क्या कहा जाए?...? इसे मैं धर्मभीरुता कहता हूँ, धर्मभावना नहीं कहता। अपने देश में सिर्फ धर्मभीरुता है, धर्मभावना नही...
- लेकिन जब बुद्ध के जीवन में अध्यात्म आ गया तब?...? अध्यात्म की ताकतवाला वह हिस्सा बताता हूँ, जिसको आप भौतिक कहते हैं। दूसरे हिस्से का तो मैं आपसे जिक्...
- लेने के देने क्यों पड़ रहे हैं?...?
2. विभीषिकाओं के पीछे झाँकती यथार्थता
3. महान् प्रयोजन के श्रेयाधिकारी बनें
4. सम्वेदना का सरोव...
- लैला-मजनूँ की कहानी आपने सुनी है न?...? एक मजनूँ था, लैला को प्यार करता था और वह चाहता था कि लैला की शादी उससे हो जाए? लेकिन लैला का बाप तै...
- लोकमानस का यह लौह आवरण हटे बिना नारी को नर के समतुल्य बनाने और उन्हें अपनी प्रतिभा का परिपूर्ण परिचय देकर प्रगति पथ पर कन्धे से कन्धा मिलाकर चलते रहने का अवसर आखिर कैसे मिल सकता है?...? आवश्यकता इस लौह आवरण के ऊपर लाखों-करोड़ों छेनी हथौड़े चलाने की है, ताकि निविड़ बन्धनों से जकड़ी आ...
- लोकसेवी का दृष्टिकोण कैसा हो?...?
किसी भी व्यक्ति के व्यक्तित्व का निर्माण और जीवन की दिशा निर्धारित करने का काम क्षण भर में नहीं त...
- लोकसेवी का लोक व्यवहार कैसा हो?...?
लोकसेवी को दूसरों से सम्पर्क करते समय, उन्हें सत्प्रेरणाएँ प्रदान करते समय निन्दा, आलोचना से हमेश...
- लोकसेवी को कैसा होना चाहिए?...? इसलिए क्या करना पड़ेगा? यही व्यावहारिक शिक्षण करने के लिए आपको पंद्रह दिनों के लिए हम भेज रहे हैं, त...
- लोग हमसे बार-बार यही पूछते हैं कि आप राजनीति में क्यों नहीं जाते?...? मित्रो! हम राजनीति से अलग नहीं है, किन्तु हमारी राजनीति वह राजनीति नहीं है जो सत्ता हथियाने वाल...
- लोगों ने क्या किया?...? उन्होंने एक छोटा वाला हिस्सा, कमजोर वाला हिस्सा ले लिया, उसे लिख लिया, जिसके भीतर हम अपनी कमजोरिय...
- लोभ क्या है और इसे किस तरीके से तोड़ा जाए?...? लोभ कहते हैं-अनावश्यक संग्रह को। लोभ यही है कि आदमी को गुजारे के लिए मुट्ठी भर चीजों की जरूरत है।...
- वंश परम्परा की चर्चा यहाँ इसलिए की जा रही है कि अगले दिनों मानवी विकास के लिए किये जाने वाले प्रबल प्रयत्नों में यही कठिनाई सबसे अधिक आड़े आयेगी कि परम्परागत आकृति एवं प्रकृति में हेर-फेर कैसे किया जाय?...? धीमी गति से यत्किंचित सुधार होते चलने की प्रतीक्षा करते रहना अब इस प्रगति युग में सम्भव नहीं।...
- वनवास क्या होता है?...? वनवास वह होता है जिसमें व्यक्ति को मात्र अपना लक्ष्य याद रहता है और बाकी चीजें गौण हो जाती हैं। राम...
- वरदान या अभिशाप?...?
मित्रो! दौलत, जिसको आप देवताओं से माँगते हैं, उस दौलत को आपको देने की गलती देवता नहीं कर सकते?...
- वस्तुस्थिति को वैज्ञानिक कसौटियों पर कसा जाना अभी शेष है, किन्तु कैंसर जैसे गम्भीर रोगों को पैदा करने में मनःस्थिति कहाँ तक जिम्मेदार है, तथा किस तरह की भूमिका सम्पादित करती है?...? पर जो तथ्य प्रकाशन में आ रहे हैं उनसे यह सम्भावना प्रबल होती जा रही है कि गम्भीर असाध्य रोगों को जन...
- वह उद्देश्य कैसे पूरा होगा?...? मित्रो! वह उद्देश्य ऐसे पूरा होगा कि जो कषाय और कल्मष मनुष्यों के ऊपर हावी हो गये हैं और चढ़ गये ह...
- वह छोकरी एक लंबा डंडा लेकर आई और बोली कहाँ है आपका चीता?...? शायद इस झाड़ी में छिपा हुआ मालूम पड़ता है। लड़की चमड़े के जूते पहन करके झाड़ी में दनदनाती हुई चली गई। ...
- वहाँ उपस्थित वियोगी हरि ने पूछा, ‘‘आपने देखा है नन्द कुमार को?...? ’’ वह भाव-विह्वल हो बोल पड़े, ‘‘क्यों नहीं? नन्दकुमार का दर्शन तो मैंने कितने रूपों में किया है, आद...
- वात्सल्य इतना था कि अपनी माँ भी क्या ध्यान रखती होगी?...? उन दिनों माताजी के पास ऊपर चौके में ही चाय बनती थी। हम पहले चाय नहीं पीते थे। यहाँ आये तो माताजी के...
- वास्तव में आपको यह मालूम नहीं है कि हमें सुख कहाँ मिल सकता है तथा शान्ति कहाँ मिल सकती है?...? इस सुख-शान्ति की खोज में हम इधर-उधर मारे-मारे फिरते हैं, परन्तु हमें वह चीज प्राप्त नहीं होती है। ह...
- वास्तविक अध्यात्म फिर क्या है?...? मित्रो! आध्यात्मिकता का उद्देश्य है, आदमी के व्यक्तित्व के ऊँचा उठा देना, चिन्तन को सही कर देना, आदम...
- वास्तविक चेला कौन?...?
नहीं महाराज जी! मैं तो आपका चेला हूँ। आपसे इसलिए गुरुदीक्षा ली थी कि आपकी कृपा हो जाएगी। कहा...
- वास्तविकता, जिसे कैसे नकारा जाए?...?...
- विकसित नारी अपने व्यक्तित्व को समुन्नत बनाकर राष्ट्रीय समृद्धि के सम्वर्धन में कितना बड़ा योगदान दे सकती है?...? इसे उन देशों में जाकर आँखों से देखा या समाचारों से जाना जा सकता है, जहाँ नारी को मनुष्य मान लिया गय...
- विचारक्रान्ति के लिए साहित्य-सृजन एक कार्य है, पर उतने भर से प्रयोजन की पूर्णता कहाँ बनती हैं?...? तीन चौथाई अशिक्षित जनता के लिए विचार-परिवर्तन का आधार तभी बन पड़ेगा जब दृश्य और श्रव्य के सशक्त आधा...
- विचारणीय यह है कि क्या सिद्धान्त-रहित उपहार, मनुहार का लालची और किसी भी चाटुकार की सही-गलत मनोकामनाएँ पूरी करने वाला कोई परमेश्वर हो भी सकता है क्या?...? इस सन्दर्भ में किसी भी दृष्टिकोण से विचार करने पर उत्तर नहीं में ही देना पड़ता है; क्योंकि यह सिलसि...
- विचारणीय यह है कि तीर्थों में पहुँचने वाली जनता क्या उनसे वैसा प्रतिफल प्राप्त करती है, जैसी कि अपेक्षा की जानी चाहिए?...? पर्यवेक्षण करने पर उत्तर निराशा जनक ही मिलता है। भिक्षा व्यवसायी वर्ग के लोग जिस प्रकार यात्रियों क...
- विचारणीय यह है कि संकल्प कृत्य को प्रमुखता और प्राथमिकता क्यों दी गई?...? खोजने पर यह मनोवैज्ञानिक तथ्य सामने आ खड़ा होता है जिसमें किसी प्रयास को सफलता के लक्ष्य तक पहुँचा...
- विचारणीय है कि क्या नारी वस्तुतः इतनी निरुपयोगी है जिसे अपनी माँसलता को बेचकर ही पालन कर्ताओं का अनुग्रह प्राप्त हो सके?...? स्थिति वस्तुतः वैसी है या नहीं यह दूसरी बात है। पर जब तलक लोक मान्यता यही बनी रहेगी, तब तक उसका सही...
- विज्ञान आगे भी अनर्थ पैदा करता रह सकेगा; ऐसी आशंकाएँ किसी को भी नहीं करनी चाहिए;
क्योंकि खनिज तेल, विद्युत उत्पादन जैसे स्रोत ही सूख जाएँगे, तब विज्ञान जीवित
कैसे रह सकेगा?...? लोगों को लौटकर फिर प्राकृतिक जीवन अपनाना पड़ेगा, जिसमें विकृतियों
के अभिवर्धन की कोई गुंजायश ही ...
- विज्ञान आगे भी अनर्थ पैदा करता रह सकेगा; ऐसी आशंकाएँ किसी को भी नहीं करनी चाहिए; क्योंकि खनिज तेल, विद्युत उत्पादन जैसे स्रोत ही सूख जाएँगे, तब विज्ञान जीवित कैसे रह सकेगा?...? लोगों को लौटकर फिर प्राकृतिक जीवन अपनाना पड़ेगा, जिसमें विकृतियों के अभिवर्धन की कोई गुंजायश ही नही...
- विज्ञान और प्रत्यक्षवाद ने क्या सचमुच हमें सुखी बनाया है?...?...
- विज्ञान को बना दिया, लेकिन विज्ञान की सामर्थ्य इतनी भयानक थी कि अगर उसका ठीक उपयोग न किया जा सका तो क्या से क्या हो सकता था?...? इसीलिए ब्रह्माजी को दूसरे चरण के रूप में आकाशवाणी फिर हुई और फिर कहा गायत्री का तप करना चाहिए। गायत...
- विद्या से क्या मतलब?...? विद्या से मतलब ये है कि आप अपने विचारों का इस्तेमाल किस तरीके से करें? आप अपने शरीर का इस्तेमाल किस...
- विधि क्यों पूछते हैं?...?
यहाँ कितने लोग आते रहते हैं और बार-बार यही पूछते रहते हैं कि विधि बताइए। किसकी विधि बताएँ? ग...
- विधि क्यों पूछते हैं?...? यहाँ कितने लोग आते रहते हैं और बार-बार यही पूछते रहते हैं कि विधि बताइए। किसकी विधि बताएँ? गायत्री ...
- विधेयात्मक चिन्तन क्या है?...? यह वह चिन्तन है, जिससे कि आदमी देवता बन जाते हैं। हम क्या बनाएँगे, क्या बिगाड़ेंगे, यह विचार ही मत की...
- विनोबा कौन है?...? दूसरे नंबर के गाँधी है। गाँधी जी ने व्यक्तिगत सत्याग्रह में जब अपना उत्तराधिकारी घोषित किया तो लोग ...
- विवाह की बात तय करने में अभिभावकों की मरजी ही क्यों चले?...? यदि लड़की को भी लड़कों के समान ही सुयोग्य बनाने के लिए अधिक समय तक शिक्षा-दीक्षा प्राप्त करने का औच...
- विवेकानन्द के मास रामकृष्ण परमहंस जाया करते थे और कहते थे कि बेटा हमारा कितना काम हर्ज होता है?...? तू समझता नहीं है क्या? महाराज जी मैं बी० ए० करूँगा, एम० ए० करूँगा, नौकरी करूँगा। नहीं बेटे, तू नौकर...
- विवेकानन्द कौन थे?...? मैं क्या बताऊँ आपको कौन थे? विवेकानन्द किसने बना दिया? काली ने बना दिया। क्यों साहब! काली थी क्या? ...
- विश्वामित्र को जरूरत पड़ी थी तो उन्होंने दशरथ जी के बच्चे थोड़े समय के लिए माँगे थे कि भाई थोड़े समय के लिए दे दो हमें क्यों?...? क्योंकि हमें यज्ञ की रक्षा करनी है। कितने दिन में कर दोगे वापिस अरे यही कोई साल छै महीने में आ जा...
- वे कौन से काम हैं, जो आपको करने पड़ेंगे?...? आपको यह करना पड़ेगा कि जहाँ कहीं भी आप जाएँ जिस शाखा में भी आप जाएँ एक छाप इस तरह की छोड़कर आएँ कि ग...
- वे कौन-से काम हैं, जो आपको करने पड़ेंगे?...? आपको यह करना पड़ेगा कि जहाँ कहीं भी आप जाएँ, जिस शाखा में भी आप जाएँ, एक छाप इस तरह की छोड़कर आएँ क...
- वे कौन-से यज्ञ हैं?...? वे दीपयज्ञ हैं। दीपयज्ञ में एक थाली में पाँच दीपक रखे जाते हैं। यह यज्ञ का सामान हुआ। थाली अपने घर ...
- वे बकरी का मुँह बाँध देते हैं, जिससे वह चिल्लाती नहीं है, तो हत्या कैसे हुई?...? एक काम और वे करते हैं कि उसके गले में फाँसी लगाकर टाँग देते हैं और उसे मार डालते हैं। इससे उसको ख...
- वैभव किसका है?...? पराक्रम किसका है? विभूतियाँ किसकी हैं? इन सबका उत्तर देते समय नाम भगवान् का ही लिया जा सकता है, पर ...
- व्यक्ति स्वयं क्या है?...? जीवन का स्वरूप एवं लक्ष्य क्या है? जीवन के साथ जुड़ी हुई विभूतियों का सही उपयोग क्या है? इन प्रश्नों...
- व्यक्तिगत जीवन की तरह ही हम यह देखते हैं कि इस दुनिया को सुंदर और समुन्नत बनाने के लिए क्या किया जाए?...? इसके लिए यों तो असंख्य योजनाएँ बनती हैं, जिसमें भौतिक सुविधाओं के सम्वर्द्धन का ध्यान रखा जाता है।...
- व्यक्तित्व का निर्माण कैसे करें?...? यह लोकमान्यता सही नहीं है कि मनुष्य साधना के सहारे आगे बढ़ता और सफल होता है। वास्तविकता यह है कि पर...
- व्यायामशाला में नित नये उत्साह के साथ जूझते रहने वाले पहलवान की मनःस्थिति और गतिविधि का यदि गम्भीरता पूर्वक अध्ययन किया जाय तो आत्म साधना के विद्यार्थी को विदित हो सकता है कि उसे आखिर करना क्या पड़ेगा?...? पहलवान मात्र कसरत करके ही निश्चिन्त नहीं हो जाता, वरन् पौष्टिक भोजन की, संयम, ब्रह्मचर्य की, तेल मा...
- शंकर जी की इस शिक्षा को हर शंकरभक्त को अपनी फिलासफी में सम्मिलित करना ही चाहिए किस तरीके से उन्हें गले से लगाना चाहिए और किस तरीके से उनसे फायदा उठाना चाहिए?...? शंकर जी के गले में पड़ी मुंडों की माला भी यह कह रहीं है कि जिस चेहरे को हम बीस बार शीशे में देखते है...
- शंकर भगवान की सवारी क्या थी?...? बैल। वह बैल पर सवार होते हैं। बैल उसे कहते हैं, जो मेहनतकश होता है, परिश्रमी होता है। जिस आदमी को म...
- शंकर भगवान की सवारी क्या है?...? बैल। वह बैल पर सवार होते हैं। बैल उसे कहते हैं जो मेहनतकश होता है, परिश्रमी होता है। जिस आदमी को मे...
- शंकर भगवान के गले पर मुण्डों की माला क्या सिखाती है?...? अभी हम जिस चेहरे को शीशे में बीस बार देखते हैं। इधर से निकलते हैं तब शीशा, उधर से निकलते हैं तब श...
- शंकराचार्य ने अपनी माँ को समझाया, परन्तु माँ की समझ में कहाँ और क्यों आने वाला था?...? उसकी समझ में तो यही आता था कि मुझे पोता चाहिए, पोती चाहिए, कोठी चाहिए। मित्रो! इन सब ख्वाबों को ल...
- शंकराचार्य ने अपनी माँ को समझाया, परन्तु माँ की समझ में कहाँ और क्यों आने वाला था?...? उसकी समझ में तो यही आता था कि मुझे पोता चाहिए पोती चाहिए कोठी चाहिए। मित्रो! इन सब ख्वाबों को लात म...
- शक्तिपात कैसे कर दिया?...? शक्तिपात क्या होता है? शक्तिपात को मामूली तौर पर समझते हैं कि गुरु की आँखों में से, शरीर में से बिज...
- शक्तिपात क्या होता है?...? कुण्डलिनी क्या होती है? आपको जानकारियाँ बच्चों जैसी हैं। बच्चों की जानकारियाँ बहुत छोटी होती हैं, ब...
- शब्दशक्ति का संयुक्त समावेश कितना प्रभावी होता है?...? इसका एक प्रमाण तब मिलता है जब किसी भारी वजन को ऊपर उठाने या आगे धकेलने के लिए मजदूर लोग नारा लगाकर ...
- शब्दों का क्या असर होता है?...? शब्दों का नहीं होता, क्रिया का असर होता है। अगर आपको किसी पर असर डालना हो, किसी पर छाप डालनी हो, अग...
- शरीर किसे कहते हैं?...? शरीर उसे कहते हैं जो दिखाई पड़ता है, जो देखा जा सकता है, जो अनुभव में लाया जा सकता है। हमारा शरीर आप...
- शरीर किसे कहते हैं?...? शरीर उसे कहते हैं जो दिखायी पड़ता है, जो देखा जा सकता है, जो अनुभव में लाया जा सकता है। हमारा शरीर आ...
- शालिग्राम किसे कहते हैं?...? अरे बेटे, नाम का फर्क है। शिवलिंग में और विष्णु में यानि शालिग्राम में क्या फर्क है? ‘‘एकं सद्विप्र...
- शिक्षा व्यवस्था कैसी हो?...?...
- शिक्षा व्यवस्था कैसी हो?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य...
- शिवजी की गंगा?...? तो महाराज जी! फिर क्या विशेषता है शंकर जी में? बेटे, कुछ भी नहीं है। वह ज्ञान की गंगा है जो शंकर ...
- शिष्य हैं कहाँ अब?...? — मित्रो! देवताओं की कृपा हम आपको दिलाएँगे, पर आप उसे रखेंगे कहाँ? आप रखने वाली चीज का इंतजाम क...
- शुकदेव जी ही क्यों?...? तो फिर किसी और विद्वान को बुलाइए। लोगों ने औरों के नाम बताए पर राजा परीक्षित मना करते रहे। जब लोगों...
- शोहरत के बाद और कौन सी बात है जो हमने अपनी कमाई का हिस्सा दूसरों में बाँटा है?...? आप चाहें तो तलाश कर लीजिए। कुछ दिन तक आप हमारे साथ-साथ रहिए और यह देख लीजिए कि गुरुजी के पास मिलने ...
- श्रावणी क्या है?...? श्रावणी यज्ञोपवीत का त्यौहार है। इसमें यज्ञोपवीत को हम हर साल बदल देते हैं। ठीक उसी तरह जैसे हम बन्...
- श्रीकृष्ण भगवान् ने महाभारत, ग्रेटर इण्डिया विशाल भारत बनाने के लिये जो कोशिश की थी, महान् भारत यह जो पहले लड़ाई लड़ी गयी थी या पीछे और भी जो काम हुये थे भगवान् ने कर लिये थे?...? नहीं। गोवर्धन अकेले उठा लिया था? नहीं, सम्भव नहीं था। इसलिये उन्होंने जगत की परम्पराओं को जारी रखने...
- श्रीकृष्ण भगवान् सारे जीवन भर पुरुषार्थ तो करते रहे, पर परिस्थितियाँ कहाँ बनीं उनके साथ में, आप बताइये?...? गृह-कलह हुआ और सारे परिवार के लोग मारे गये, अन्ततः उनको अपना जो राज-पाट बड़ी मेहनत से जमाया था, सुदाम...
- षड् रिपुओं से कैसे बचें?...?
लेकिन मित्रो! हमारी तो छह टाँगें पकड़ रखी हैं। दो टाँगें, अगले दो हाथ, एक नाक, एक मुँह, सब पकड़कर...
- संकल्प किसे कहते हैं?...? संकल्प उसे कहते हैं जिसमें कि आदमी कीमत चुकाने के लिए तैयार हो जाता है। कीमत चुकाइए, परिणाम पाइये।...
- संकल्पवान कौन होता है?...? संकल्पवान का अर्थ फिर एक बार समझ लीजिये।...
- संकल्पित काम से निपटने के बाद साथियों के याद दिलाए जाने पर वह फिर डॉक्टरों के पास अपनी जाँच-पड़ताल कराने गई कि अब छ: महीने शेष वाली जिन्दगी किस स्थिति में है?...? डॉक्टरों ने उसका सारा शरीर जाँच डाला, पर उसमें कहीं कैंसर का नाम-निशान न था। वह हर दृष्टि से भली-चं...
- संजीवनी विद्या बनाम जीवन जीने की कला — संजीवनी विद्या क्यों व किसके लिए?...? Nov 1991 वां68
(005): युगशोधन हेतु मनीषा को आमंत्रण (23 Nov 1979 प्रवचन) Jan 1992 वां68
(006)...
- सन्त से क्या मतलब है?...? सन्त का मतलब है, पुरुषार्थी, त्यागी और तपस्वी। आपके भीतर तो दो ही चीजें जगी हुई हैं। कौन-कौन-सी ची...
- सन्तान कितनी और क्यों पैदा करें?...?...
- संस्कृति किसलिए बनायी गयी?...? धार्मिक परम्पराएँ और अध्यात्म का ढाँचा और संस्कृति की परम्पराएँ सिर्फ एक काम के लिए बनायी गयी कि मन...
- सक्रिय समर्पण कैसा हो?...?
6. संकल्प जागा तो निष्ठुर भी बदला
7. सम्वेदना चैन से नहीं बैठने देती
8. जब अन्त: में लौ जली ...
- सच क्या है?...? जैसा आपने देखा है, सुना है, उसको ही कह देने का नाम सच नहीं है। सच उस चीज का भी नाम है, जिसके साथ ...
- सच क्या है?...? जैसा आपने देखा है, सुना है, उसको ही कह देने का नाम सच नहीं है। सच उस चीज का भी नाम है,जिसके साथ में...
- सच्चा अध्यात्म आखिर है क्या?...?...
- सच्चा अध्यात्म आखिर है क्या?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य...
- सच्चा अध्यात्म क्या कहता है?...? इसलिए मित्रो! जो आपने रग बिरंगे, चित्र विचित्र खिलौने बनाकर रखे है और उन रंग बिरंगे खिलौनों से अगर ...
- सच्ची व सार्थक उपासना क्या और कैसे?...?...
- सत्य और तथ्य को कैसे जाना, परखा जाए?...?...
- सत्संगी की परीक्षा कैसे हो?...? हम कैसे जानें कि आपने सत्संग महाव्रत प्रारम्भ कर दिया है? श्री पथिकजी ने सत्संग की कसौटी यह बताई है,...
- सद्बुद्धि का उभार कैसे हो?...?
15. इन दिनों की सर्वोपरि आवश्यकता
चेतना की सत्ता एवं उसका विस्तारइस संसार में जड़ के साथ चेतन ...
- सभ्यता कहाँ से शुरू होती है?...? सफाई से शुरू होती है।...
- समझदारी जहाँ कहीं भी होगी, न जाने क्या से क्या करती चली जाएगी?...? समझदार आदमी आर्थिक क्षेत्र में चला जाएगा, तो वो मोनार्क पैदा हो जाएगा और हेनरी फोर्ड पैदा हो जाएगा।...
- समझदारी जहाँ कहीं भी होगी, न जाने क्या-से-क्या करती चली जाएगी?...? समझदार आदमी आर्थिक क्षेत्र में चला जाएगा, तो वो मोनार्क पैदा हो जाएगा और हेनरी फोर्ड पैदा हो जा...
- समझें कि आखिर गायत्री है क्या?...? मित्रो! आपको हम गायत्री उपासना का महत्त्व बता रहे थे और यह कह रहे थे कि गायत्री उपासना आपको करनी ...
- समर्पण किया आपने?...?
बेटे! अध्यात्म जगत् की हर चीज श्रद्धा के बल पर, भक्ति के बल पर ही खरीदी जाती है। पैसों से नहीं खर...
- समर्पण के बिना भक्ति कैसी?...?
अभी मैंने बताया था कि भक्त का समर्पण होना चाहिए, समर्पण यदि नहीं है, तो फिर वह भक्ति कैसी है? और ...
- समर्पण निष्क्रिय क्यों?...? आत्मचेतना की सघन भावनाओं का प्रत्येक अंश, मन की सारी सोच, शरीर की प्रत्येक हरकत जब विश्व-उद्यान को ...
- समाज निर्माण कैसे होगा?...? इस सन्दर्भ में उन दिनों, एक युगनिर्माण सत्संकल्प के रूप में घोषणापत्र बनाया गया था, जिसमें यह बात ...
- सरकार क्या करेगी, कब करेगी?...? इसकी प्रतीक्षा में बैठे रहने और केवल आलोचना, शिकायत करने से कुछ काम चलने का नहीं है। हमें अपने स्वल...
- सर्व प्रथम क्या बदला जाय?...? इसका एक ही उत्तर है-चिन्तन, अभ्यास एवं निर्धारण। किस में नफा, किस में नुकसान? यह प्रश्न सर्वप्रथम ह...
- सहायता के लिए किसी के आगे हाथ न पसारने के पीछे कोई अहंकार प्रदर्शन का भाव नहीं रहा किन्तु यह एक प्रयोग परीक्षण था कि यदि भगवत् प्रयोजन के लिए कहीं से कोई प्रामाणिकता उभरे तो उसकी शक्ति और सम्पदा कितनी बढ़ जाती है?...? इसके लिए पुरातन उदाहरण हनुमानजी का है।...
- सही ढंग से गायत्री उपासना क्या होती है?...? आगे चलकर हम आपको बता देंगे, जो हमने की है। जिस ढंग से हमने गायत्री उपासना की है। हमारे ज्ञान और हमा...
- सही ढंग से गायत्री उपासना क्या होती है?...? आगे चलकर हम आपको बता देंगे, जो हमने की है। जिस ढंग से हमने गायत्री उपासना की है। हमारे ज्ञान और हमा...
- सांसारिक मनोकामनाएँ क्या होती हैं?...? सांसारिक मनोकामनाएँ घुमा-फिरा कर एक ही है कि हमारे शरीर के लिए सुविधाएँ जुटें, पैसा जुटे, यही मनोका...
- साइंस किसकी पैदावार है?...? दिमाग की पैदावार है। साहित्य दिमाग की पैदावार है। संगीत दिमाग की पैदावार है। दुनिया में जो कुछ भी आ...
- साइंस के क्या और पक्ष हैं?...? हाँ, और पक्ष हैं और वे पक्ष खोजे जाने बाकी हैं। अभी आपको ‘एंटीमैटर’ और ‘एण्टीयूनिवर्स’ की जानकारिया...
- साथियो, आपको जो बुद्धि मिली है उसका आपने सही इस्तेमाल किया?...? नहीं। फिर आप भगवान् से बार-बार क्यों माँगते हैं? आपको इतनी विद्या बुद्धि मिली हुई थी कि आप दुनिया...
- साथियो, प्राण या भावना कैसी होनी चाहिए?...? यह किस रूप में होनी चाहिए? प्राण की एक धारा है—त्रिपदा की एक धारा है—‘श्रद्धा’! श्रद्धा किसे कहते ह...
- साथियो, हृदय-हृदय पर शासन किसका होता है?...? हृदय-हृदय पर शासन धर्मर्तंत्र का था, है और रहेगा। भौतिक वस्तुओं पर शासन सरकार का रहेगा और सरकार क...
- साथियो, हृदय-हृदय पर शासन किसका होता है?...? हृदय-हृदय पर शासन धर्मतंत्र का था, है और रहेगा। भौतिक वस्तुओं पर शासन सरकार का रहेगा और सरकार का था...
- साधक कैसे बनें?...? साधकों में से कई व्यक्ति हमसे ये पूछते रहते हैं—क्या करें? क्या करें? मैं उनमें से हरेक से ये...
- साधकों में से कई व्यक्ति हमसे यह पूछते रहते हैं कि हम क्या करें?...? मैं उनमें से हर एक से कहता हूँ कि यह मत पूछिए, बल्कि यह पूछिए कि क्या बनें? अगर आप कुछ बन जाते हैं ...
- साधना किसकी की जाए?...? भगवान् की? अरे भगवान् को न तो किसी साधना की बात सुनने का समय है और न ही उसे साधा जा सकता है। वस्त...
- साधना किसकी की जाए?...? भगवान की? अरे भगवान को न तो किसी साधना की बात सुनने का समय है और न ही उसे साधा जा सकता है। वस्तुत: ...
- साधना किसे कहते हैं आपको मालूम नहीं?...? आप हनुमान जी की पूजा करते हैं, सन्तोषी माता की पूजा करते हैं। यह मन्त्र है, न यन्त्र है, न पूजा ह...
- साधना किसे कहते हैं आपको मालूम नहीं?...? आप हनुमान जी की पूजा करते हैं, सन्तोषी माता की पूजा करते हैं। यह मन्त्र है, न यन्त्र है, न पूजा है।...
- साधना के पश्चात आराधना की बात बताता हूँ आपको कि आराधना क्या है और किसकी की जानी चाहिए?...? आराधना कहते हैं—समाजसेवा को, जन कल्याण को। सेवाधर्म वह नकद धर्म है जो हाथों-हाथ फल देता है। इसमें प...
- साधना के पश्चात् आराधना की बात बताता हूँ आपको कि आराधना क्या है और किसकी की जानी चाहिए?...? आराधना कहते हैं-समाजसेवा को, जन कल्याण को। सेवाधर्म वह नकद धर्म है, जो हाथोंहाथ फल देता है। इसमें...
- साधना को सिद्धि के रूप में परिणत होते देखने के इच्छुक प्रत्येक विचारशील को जहाँ निर्धारित पूजा-उपचार नियमित रूप से करने चाहिए, वहाँ यह भी ध्यान रखना चाहिए कि इष्ट के, लक्ष्य के प्रति श्रद्धा का क्रमिक विकास हो रहा है या नहीं?...? प्राण विहीन शरीर को लाश कहते हैं और आस्था रहित पूजा उपक्रम को विडम्बना। दोनों का बाह्य स्वरूप तो सह...
- साधु और ब्राह्मण किसे कहते हैं?...? किफायतसार को साधु ब्राह्मण कहते हैं। मितव्ययी को, अपरिग्रही को एवं सर्वसन्तोषी को साधु -ब्राह्मण कहत...
- सामाजिक कुरीतियों को देखिये न; कोई तुक है इसमें?...? कोई बात है? कोई चीज है इसमें? कोई बात है? हमारी कुलदेवी है और कुलदेवी पर हमारे बच्चे का मुण्डन होगा...
- सारा समाज हमारा खानदान ही है और हमारे भीतर वाले?...? चोर? इनका वर्णन करते हुए तुलसीदास ने कहा है कि हमारे मित्र—हमारे सहायक—हमारे सम्बन्धी जो हमारे भीतर...
- सावित्री किसे कहते हैं?...? सावित्री बेटे गायत्री का ही दूसरा नाम है और सत्यवान? सत्यवान उसे कहते हैं, जिस साधक ने अपना जीवन सम...
- सावित्री किसे कहते हैं?...? सावित्री बेटे गायत्री का ही दूसरा नाम है और सत्यवान? सत्यवान उसे कहते हैं, जिस साधक ने अपना जीवन सम...
- सिकंदर ने फकीर से पूछा-कहिए आपकी आवश्यकताएँ क्या हैं?...? उसने कहा कि सबेरे का वक्त है, ठंडक पड़ रही है और हम चाहते हैं कि हमारी ठंडक दूर हो जाय और हमको गर्मी...
- सिद्धान्तों का पालन करने में अपनी कमजोरियाँ कैसे तंग करती हैं?...? अपने पड़ोसी कैसे तंग करते हैं? रिश्तेदार, खानदान वाले कैसे तंग करते हैं? २४ साल के इस अन्तराल में हम...
- सींग किसके होते हैं?...? मनुष्यों के सींग होते हैं कभी? हमने तो देखे नहीं हैं? यह क्या है? खाली अलंकार है। दैत्य का तरीका क्...
- सुगन्ध फैलाने में भगवान् को क्या कोई लाभ हो जाता है?...? हमारा कुछ लाभ हो जाता है क्या? हाँ, हमारा एक लाभ हो जाता है और वह यह कि इससे हमें ख्याल आता है कि...
- सुरक्षा के लिए क्या करना पड़ता है?...? कोई राष्ट्र, कोई समाज, कोई व्यक्ति, कोई कुटुम्ब सुरक्षित किस तरीके से रह सकता है? इसके लिए दो सूत्र...
- सुसंस्कारी बनाए, कैसी हो वह शिक्षा?...? — गायत्री विद्यापीठ का शुभारम्भ, 1 जून 1980 Mar 1992 वां68
(008): नवरात्रि साधना का तत्त्वदर्शन Ap...
- सुसंस्कारी बनाए, कैसी हो वह शिक्षा?...?...
- सूत्र क्या है?...? —यज्ञोपवीत। यज्ञोपवीत क्या है? गायत्री मंत्र है। गायत्री मंत्र को शरीर रूपी देवालय में स्थापित करते...
- सृजेता की सृजन-प्रेरणा किस गति से चल रही है और उज्ज्वल भविष्य की निकटता में अब कितना विलम्ब है, इसकी जाँच-पड़ताल एक ही उपाय से हो सकती है कि कितनों के अन्त:करण में उस परीक्षा की घड़ी में असाधारण कौशल दिखाने की उमंगें उठ रही हैं तथा स्वार्थ की अपेक्षा परमार्थ अपनाना कितना अधिक सुदृढ़ होता चला जाता है?...? समय की सबसे बड़ी आवश्यकता ‘‘नवसृजन’’ के लिये सोच तो कोई कुछ भी सकता है, पर क्रियारूप में कुछ कर पड़...
- सेवा हम किसकी कर सकते हैं?...? मित्रो! इस दुनिया में व्यक्ति उसकी ही सेवा कर सकता है, जिससे वास्तव में उसकी मोहब्बत है। अतः आप अ...
- स्त्रियों के विरुद्ध घरेलू संघर्ष नहीं हुए हैं क्या?...? हाँ, शंकराचार्य अपनी माता को छोड़कर चले गये थे। उन्होंने कहा—हमें आप कहती हैं कि हमको घर-गृहस्थी में...
- स्थिति को कैसे बदला जाये?...? इसके सम्बन्ध में तरह तरह के उत्पादनों, उपकरणों, निर्धारणों की बात सोची जाती है। वैज्ञानिक, मनीषी, स...
- स्थूल शरीर में क्या रखा है?...? वह रोटी खाता रहता है, गन्दगी निकालता रहता है। हाड़-माँस के बने इस शरीर को अगर फाड़ दें, तो केवल बदबू ...
- स्वच्छ जल का कितना बड़ा भाग कारखाने और फैक्ट्रियाँ झटक लेते हैं?...? यह कल्पना करने के लिए इन तथ्यों से अनुमान लगाना चाहिए कि एक लीटर पेट्रोल बनाने के लिए १० लीटर पानी...
- स्वर्ग का जीवन कैसे जियें?...? कल आपको जीवन मुक्ति के बारे में बताया था। आप जीवन मुक्त होकर जिओ, बन्धनों से मुक्त हो जाओ। बच्चा ...
- स्वर्ग का जीवन कैसे जियें?...?...
- स्वर्ग का जीवन कैसे?...?
मित्रो! क्या करना चाहिए? आपको एक काम करना पड़ेगा। क्या? इस दुनिया में सबसे बड़ी दिक्कत यह पड...
- स्वर्ग का जीवन कैसे?...? मित्रो! क्या करना चाहिए? आपको एक काम करना पड़ेगा। क्या? इस दुनिया में सबसे बड़ी दिक्कत यह पड़ती है कि ...
- स्वर्ग-मुक्ति, दिव्य-दर्शन आदि के लिए प्रतीक्षा करनी पड़ सकती है और निराश भी रहना पड़ सकता है?...? पर सत्प्रयोजनों के लिए प्रस्तुत किया गया आदर्शवादी साहस व्यक्तित्व को ऐसा प्रामाणिक, प्रखर एवं प्रत...
- स्वाध्याय और सत्संग क्या हैं?...? श्रेष्ठ पुरुषों का सान्निध्य और सद्ज्ञान के प्रति निष्ठावान होना। अगर दो काम आपने नहीं किये हैं तो ...
- स्वामी विवेकानन्द जब अमेरिका गए थे, उस समय वहाँ की जनता को वे वेदांत की शिक्षा देने लगे, तो उन्होंने एक प्रश्न किया कि क्या आपने भारतवर्ष में इस शिक्षा को पूरा कर लिया?...? थोड़ी देर वे मौन रहे, फिर उन्होंने कहा कि आप लोगों ने मैट्रिक पास कर लिया है। आप लोगों ने पहली चीज अ...
- हजरत उमर ने कहा-‘क्या दुनिया में ऐसे भी आदमी हैं, खुदा जिनकी इबादत किया करता है?...? ’ फरिश्ते ने कहा-हाँ, दुनिया में ऐसे भी आदमी हैं, खुदा जिनकी इबादत किया करता है। भगवान जिनकी पूजा क...
- हजारी किसान का नाम आपने सुना है?...? हजारी-किसान ने किसी भूखे को रोटी तो नहीं खिलाई, प्याऊ तो नहीं खोली; लेकिन वह जानते थे कि प्रेरणा से...
- हनुमान जी जिनका कि आज जन्मदिन है, क्या वे मिनिस्टर नहीं बन सकते थे?...? हाँ, वे भगवान राम की हुकूमत में मिनिस्टर बन सकते थे, उनके मंत्री बन सकते थे, लेकिन वे मिनिस्टर ...
- हनुमान जी जिनका कि आज जन्मदिन है, क्या वे मिनिस्टर नहीं बन सकते थे?...? हाँ, वे भगवान राम की हुकूमत में मिनिस्टर बन सकते थे, उनके मंत्री बन सकते थे, लेकिन वे मिनिस्टर नहीं...
- हनुमान यदि अपने बलबूते पहाड़ उठाने, समुद्र लाँघने, लंका उजाड़ने में समर्थ रहे होते, तो बालि के डर से छिपे हुए सुग्रीव के यहाँ नौकरी क्यों करते?...? बालि से स्वयं ही क्यों न निपट लेते? अर्जुन यदि अपने पराक्रम से महाभारत जीत सके होते, तो द्रौपदी का ...
- हम ईमानदारी से जीवनयापन करते हैं, फिर हमारे ऊपर कोई कैसे अँगुली उठा सकता है?...? अँगुली उठायेगा तो धूल उसी के ऊपर गिरेगी। जहाँ जख्म होगा, वहाँ मक्खी बैठेगी, कीड़े पड़ेंगे। जहाँ जख्...
- हम किसका संग करें?...? इस प्रश्न के उत्तर में हम कहेंगे कि आप सज्जनों को ढूँढ़िए। विद्वान्, महात्मा योगी, शुभ-चिन्तकों के स...
- हम क्या बता सकते हैं?...? हम ये बता सकते हैं कि शंकरजी के सिर में से ज्ञान का जो फव्वारा निकलता था, वो ज्ञान की गंगा का था, प...
- हम चाहते हैं कि हमारी बहू-बेटियों की दूसरे लोग इज्जत करें, उन्हें अपनी बहन-बेटी की निगाह से देखें, फिर यह क्यों कर उचित होगा कि हम दूसरों की बहिन-बेटियों को दुष्टता भरी दृष्टि से देखें?...? अपने दुःख के समान ही दूसरों का जो दुःख समझेगा वह माँस कैसे ख सकेगा? दूसरों पर अन्याय और अत्याचार कै...
- हम नहीं चाहते कि कोई हमें ठगे, पीड़ा पहुँचाए, निष्ठुरता बरते, असभ्यता बरते, फिर ठीक वैसा ही व्यवहार दूसरों के साथ हम अपनी ओर से क्यों करें?...? यदि हम दूसरों के स्थान पर होते तो हम किस प्रकार के बर्ताव की आशा करते? ठीक इसी कसौटी पर, हर प्रसंग ...
- हम मालदार हैं?...? हाँ बिल्कुल मालदार हैं। अब हमारे पास बहुत साधन है। आज से दस वर्ष पहले अगर हम आपके पास आते तो मुश्कि...
- हम शताब्दियों से अपने खाने में नमक का प्रयोग करते आ रहे हैं, पर यह सोचने की कभी आवश्यकता अनुभव नहीं की कि भोजन में इसकी क्या उपयोगिता है?...? बायोकेमिस्ट बंगे ने ऐतिहासिक तथ्यों के आधार पर बताया है कि पूर्व काल में भूमि में पोटैशियम और सोडिय...
- हमने एक बार यह चिन्तन किया कि जरा हम यह पता लगाएँ कि इस धरती पर महान लोगों को कब शक्ति मिली होगी, प्रेरणा मिली होगी?...? हमने यह पाया कि यह समय वसन्त का ही रहा है। हमने एक बार समर्थ गुरु रामदास के बारे में पता लगाया कि उन...
- हमसे तो यह पूछिये कि असली धर्म क्या है?...? बेटे, असली धर्म उस चीज का नाम है, जो मनुष्य की जिम्मेदारी को प्रभावित करता है और कर्तव्य का ज्ञान...
- हमारा उपास्य इष्टदेव परमेश्वर क्या है?...? इसकी विवेचना कई प्रकार से की जा सकती है। अन्तःकरण में उच्चस्तरीय भाव सम्वेदनाएँ उत्पन्न करने वाली व...
- हमारा लक्ष्य, हमारा मॉडल, हमारा मस्तिष्क कैसा होना चाहिए?...? जैसा कि शंकर जी का सन्तुलित दिमाग-सन्तुलित मस्तिष्क है। हमारी विचारणाएँ कैसी होनी चाहिए और हमारा दिमा...
- हमारी तो इच्छा थी कि स्कूली पाठ्यक्रम भी इस शिक्षा से निकाल देते पर क्या करें?...? मजबूरी है। बच्चे, उनके अभिभावक कहेंगे कि हमें नौकरी के लायक भी नहीं बनने दिया। हम तो उन्हें जीवन जी...
- हमारी वाणी जबरदस्त क्यों?...? मित्रो! वाणी में बहुत शक्ति होती है। जिस वाणी को हम सरस्वती कहते हैं, उसमें शक्ति होती है।...
- हमारी स्वयं की गायत्री उपासना कैसे फली?...?...
- हमारी स्वयं की गायत्री उपासना कैसे फली?...? गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो न: प्...
- हमारे देश में महर्षि अरविंद, सूरदास, और पाश्चत्य के भविष्यवक्ताओं ने भी इस समय को संधिकाल कहा है और इसके पश्चात् जो युग आऐगा बहुत अच्छा आएगा कहा है तो आपका इस पर क्या विचार है?...? मुझे लगता है कि युग के संक्रमण के साथ ही हम एक उज्जवलता की ओर बढ़ रहे हैं। मुझे लगता है शान्ति का, प...
- हमें इतनी गहरी नींद क्यों आती है?...? क्योंकि हमें कोई चिता नहीं है। आपके शान्तिकुज की हमें बिलकुल चिन्ता नहीं, गायत्री तपोभूमि को हमको बिल...
- हमें बनना क्या है?...?
साथियो! नक्शे कागज पर बनाए जाते हैं और मॉडल मिट्टी के अथवा दूसरी चीज के बनाए जाते हैं। मॉडल ...
- हमें विचार करना होगा कि शादियों का वर्तमान खर्चीला स्वरूप जारी रहने दिया जाये अथवा नहीं?...? यदि इसे जारी रखना हो तो अपने व्यवहार में कूट-कूटकर बेईमानी भर लेने के अतिरिक्त अनन्त काल तक दरिद्र ...
- हमें वोट कौन देगा?...? हमारी तो किसी से भी जान-पहचान नहीं हैं। हमें कौन वोट देगा? उन्होंने लाल बहादुर शास्त्री से कहा—आप क...
- हाँ, सही है और आपकी बात सही नहीं है?...? हाँ, आपकी बात और भी सही है। आपकी बात इसलिए सही है कि बेटे, हम अपनी सारी की सारी कमाई को अकेले खाने ...
- हिन्दुस्तान अपने सामान्य नागरिक को क्या भोजन दे सकता है?...? क्या वस्त्र दे सकता है? उसे किस स्तर की जिन्दगी जीनी पड़ सकती है? यही हमारा स्टैंडर्ड है। आप अमेरिका ...
- हिन्दू धर्म का मूल क्या है?...? हिन्दू धर्म का मूल वह है जिसको हम शिखा कहते हैं, जिसको हम यज्ञोपवीत कहते हैं। अब हम इस झंडे को नष्ट ...
- हिन्दुस्तान की तारीख में जो विशेषता है आदमी के भीतर का भगवान् क्या जिन्दा है, यह किसने पैदा किया?...? दर्शन ने। इतने ऋषि, इतने महामानव, इतने अवतार किसने पैदा कर दिए? यह है दर्शन जो आदमी को हिला देता है...
- हिन्दू धर्म का मूल क्या है?...? हिन्दू धर्म का मूल वह है, जिसको हम शिखा कहते हैं, जिसको हम यज्ञोपवीत कहते हैं। अब हम इस झण्डे को नष...
- हिमालय-मन्दिर क्या है?...? ये प्रतीक क्यों बना दिये हैं? प्रतीकों का अपना-अपना महत्त्व है। एकलव्य ने द्रोणाचार्य का प्रतीक बना...
- हेमाद्रि संकल्प किसे कहते हैं?...? चिन्तन और कृत्य जो हम शरीर से करते हैं। आदमी का चिन्तन—बीज है और कृत्य उसका फल। विचार भी एक काम है, ...
- हैवान को इनसान बनने के लिए क्या करना चाहिए?...? वही जो यज्ञोपवीत में सिखाया गया है। यज्ञोपवीत में सारे का सारा पाठ्यक्रम, सारे का सारा कैरिकुलम, सा...
- १-पाप घटाएँ—विचार करना चाहिए कि हमारे शारीरिक-मानसिक और आध्यात्मिक पाप क्या-क्या हैं?...? और जो पाप अब तक हम करते रहे हैं? उनमें से एक पाप को छोड़ ही देना चाहिए।शारीरिक पापों में मैं हमेशा ऐ...
- ‘‘और अधिक स्पष्ट करें?...? ’’‘‘आपने मानव जीवन की विकृति को पहचाना, अब प्रकृति को और गहराई से पहचानिए, निदान मिल जाएगा। ’’‘‘क्य...
- ‘‘किस तरह के प्रयास किए?...? ’’‘‘मानवीय बुद्घि के परिमार्जन हेतु प्रयास। इसके लिए वैदिक मंत्रों का पुन: वर्गीकरण किया। कर्मकाण्ड...
- ‘‘कौन चुप रहे?...? नृशंस अथवा वह, जिसका रोम-रोम पीड़ा से चीत्कार कर रहा है?’’ बूढ़े ने विषैली हँसी हँसते हुए कहा—अपनी ...
- ‘‘क्या सचमुच आप शास्त्र का अर्थ जानते हैं?...? ’’सुनने वाले का अन्तर हिल उठा। पूछा, ‘‘क्या मतलब?’’‘‘बुरा न मानें—मेरा मतलब यह है कि आपकी ये व्याख्...
- ‘‘क्या है प्रकृति?...? ’’‘‘मनुष्य के सारे क्रियाकलाप अहं-जन्य हैं और बुद्धि-मन-इंद्रियाँ सब बेचारे इसी के गुलाम हैं। मानवी...
- ‘‘गौरी, गजनी, ऐबक ने भारत-भूमि को न जाने कितना कुचला?...? बख्तियार के अत्याचारों ने बंगाल को मसल दिया। आज जबकि मनुष्य का आत्म-विश्वास खो गया है। वह भूल गया ह...
- ‘‘तब तो अब कलिंग में महिलाएँ भर रह गई?...? ’’‘‘वह भी नहीं रहीं।’’‘‘क्यों?’’‘‘अन्तिम लड़ाई हमें उन्हीं से लड़नी पड़ी।’’ओह—कहकर वह किसी चिन्तन म...
- ‘‘तो अभी कौन-सा उजड़ा है?...? ’’‘‘बात नया घर बसाने की है।’’‘‘तो विवाह का मतलब घर बसाना है?’’‘‘हाँ।’’‘‘तो जब इतने घर उजड़ रहे हैं,...
- ‘‘तो जब इतने घर उजड़ रहे हैं, स्वयं भगवान का घर टूट-फूट रहा है, ऐसे में नया बसाने की बात सोचना कितनी मूर्खता है?...? जब बसाना ही है, तो इसी को क्यों न कायदे-करीने से बसाया जाए?’’घर वालों के पास उसका कोई उत्तर न था। उ...
- ‘‘तो विवाह का मतलब घर बसाना है?...? ’’‘‘हाँ।’’‘‘तो जब इतने घर उजड़ रहे हैं, स्वयं भगवान का घर टूट-फूट रहा है, ऐसे में नया बसाने की बात ...
- ‘‘पर आप व्यथित क्यों हैं?...? ’’ उन्होंने पास पड़े आसन पर बैठते हुए कहा—पीड़ा-निवारक को पीड़ा, वैद्य को रोग? कैसी विचित्र स्थिति ...
- ‘‘पर जब समस्याएँ बुद्धि की हैं, तो समाधान भी बुद्धि के होने चाहिए?...? कहते हैं, लोहे को लोहा काटता है।’’‘‘ठीक कहते हो, पर गरम लोहे को ठण्डा लोहा काटता है। दुर्बुद्धि दाह...
- ‘‘बुरा न मानें—मेरा मतलब यह है कि आपकी ये व्याख्याएँ बुद्धि-कौशल हैं, अथवा इनके साथ आपकी अनुभूतियाँ भी जुड़ी हैं?...? ’’सुनने वाला चुप था—आज पहली बार किसी ने उसकी बुद्घि को फटकारा था।‘‘गौरी, गजनी, ऐबक ने भारत-भूमि को ...
- ‘‘भावों का स्त्रोत खुले और अविरल बहता रहे, क्या इसके लिए कोई उपाय नहीं है?...? ’’‘‘है क्यों नहीं।’’‘‘क्या?’’‘‘स्वाध्याय और सत्संग। युगावतार भगवान् तथागत के चिन्तन को पियो। जिन्हो...
- ‘‘यह पुरुषों का काम है?...? ’’ ‘‘और नहीं तो क्या........?’’‘‘सही कहा जाए तो, यह महिलाओं का काम है।’’ ‘‘कैसे.............?‘‘भाव-...
- ‘‘सचमुच यही है निष्ठा?...? ’’‘‘हाँ तो ‘महाभारत’ का समुचित प्रभाव न देखकर यह सोच उभरी कि शायद, इतने विस्तृत ग्रंथ को लोग समयाभा...
- ‘‘सम्पत्ति की बात तो ठीक है, पर मैं स्वयं बूढ़ा हो चला हूँ, यदि अपने पुत्र को जन-चेतना को जगाने हेतु समर्पित कर दूँ तो?...? ’’‘‘अत्युत्तम विचार है!’’पुत्र महेन्द्र और पुत्री संघमित्रा ने पिता का बदला हुआ स्वरूप देखा था। देव...
- ‘‘स्वयं के जीवन का स्तर समाज के सामान्य नागरिक जैसा हुआ कि नहीं?...? यदि मन के किसी कोने में अभी वैभव को पाने का लालच, सुविधा-सम्वर्द्धन की आतुरता है; बड़प्पन जताने, रौ...
- ‘‘स्वयं सूटेड-बूटेड कुत्तों को मोटरों में घुमाने वाले और नौकरों को फटकारने वालों को आप लोग बड़ा कहते हैं?...? मुझे तरस आता है, आपकी समझ पर।’’ गाँधी जी का स्वर तीखा था। ‘‘यह आप नहीं, आपके अन्दर की हीनता बोल रही...
- ‘‘हाँ क्यों नहीं?...? ’’ आचार्य की वाणी में मृदुलता थी। ‘‘पर किस तरह?’’ अब वाणी में उल्लास था। ‘‘अन्दर के दिव्यभावों को ज...
- ‘‘हाँ तो ‘महाभारत’ का समुचित प्रभाव न देखकर यह सोच उभरी कि शायद, इतने विस्तृत ग्रंथ को लोग समयाभाव के कारण पढ़ न सके हों?...? इस कारण ब्रह्मसूत्र की रचना की। सरल सूत्रों से जीवन-जीने के आवश्यक तत्त्वों को सँजोया। एकता-समता की...
- ’ कहिए तो हम किसी आदमी से धूपबत्ती का एक बण्डल पार्सल से भिजवा दें?...? भगवान जी ने कहा-‘गुरु जी! आप लोगों से कह देना कि हमें धूपबत्तियों की कतई जरूरत नहीं है।...
- ’ आपके पूजा की चौकी पर तो कितने बैठे हुए हैं?...? ऐसी निष्ठा होती है कोई? एक से श्रद्धा नहीं बनेगी क्या? मित्रो! हमारे भीतर श्रद्धा है। हमने एक का पल...
- ’ इसका क्या अर्थ है?...? इसका अर्थ केवल एक है कि हम एक ऐसे ढाँचे में ढलना चाहते हैं जो मर्यादा पुरुषोत्तम कहा जा सके। अपने...
- ’ इसका क्या मतलब है?...? ‘अक्षत’ का अर्थ है कि हम जो अनाज कमाते हैं। पहले सब लोग अनाज कमाते थे। आज तो रुपये भी मिलते हैं। हम...
- ’ इससे क्या समझते हो?...? (७) विवाह के सम्बन्ध में युवकों के क्या कर्तव्य हैं? (८) भारतीय समाज में विवाह की प्रथा में क्या-क्...
- ’ क्या माँगें हैं?...? उन्होंने कहा-‘जिस दिन आपको पैदा किया था, तो बस एक काम के लिए पैदा किया था कि आप उसकी खूबसूरत दुनि...
- ’ जब मेरे पास सब कुछ था तब मैंने अपना धर्म न बदला, आज केवल वही मेरा साथी है तो मैं उसे कैसे छोड़ दूँ?...? ईश्वर की आज्ञा पूरी करो। मरने के लिये तैयार हूँ कलंक लगाने के लिये नहीं। (९) चलते-चलते शाम हो गईं त...
- ’ जब मैंने यह शोक सुनाया तो गुरुजी ने कहा, ‘‘बेटा कहाँ पढ़ा है?...? ’’ मैंने गुरुदेव को बता दिया कि ‘गायत्री का सूर्योपस्थान’ पुस्तक में पढ़ा है। तब गुरुजी कहने लगे...
- ’ जब मैंने यह श्लोक सुनाया तो गुरुजी ने कहा, ‘‘बेटा कहाँ पढ़ा है?...? ’’ मैंने गुरुदेव को बता दिया कि ‘गायत्री का सूर्योपस्थान’ पुस्तक में पढ़ा है। तब गुरुजी कहने लगे, ‘‘...
- ’ तो उन्होंने ये कहा, ‘‘अगर भगवान् ने ऐसे वेद बनाये हैं, जिसमें कि नैतिक सिद्धान्तों का परिपालन नहीं हुआ है तो फिर ऐसे भगवान् को मानने की आवश्यकता क्या है?...? तो उन्होंने भगवान् को मानने से इन्कार कर दिया। कहने का अर्थ ये है कि उन्होंने विवेक को। बुद्ध का अर...
- ’ तो मैं छोटी सी गिलहरी हूँ, तो क्या हुआ?...? मैं भी अपने बालों में मिट्टी भरकर ले जाती हूँ और समुद्र में डाल देती हूँ, ताकि समुद्र पटता हुआ ऊँ...
- ’ प्रधानमंत्री कौन थी?...? इंदिरा गाँधी। फिर आए मोरार जी देसाई। अच्छा ये हिन्दुस्तान के सबसे बड़े प्रधान हैं। प्रधान हैं, तो ये...
- ’ बस क्या था?...? उन छोकरियों ने भी बुद्ध का प्रकाश ग्रहण किया और भिक्षु हो गयीं। ढाई लाख के करीब उन्होंने नौजवानों...
- ’ ब्रह्मवर्चस कैसे होता है?...? वैसे ही जैसे इमारत आपने देखी है, जब आप जाते हैं टहलने। यही ब्रह्मवर्चस है। नहीं, बेटे यह ब्रह्मवर्च...
- ’ मैं क्या करता?...? खड़ा हो गया। बोले इतने गंदे कपड़े पहनकर स्कूल आने में शर्म नहीं आती? मैं तुम पर आठ आना जुर्माना करता ...
- ’ मैं क्या कह रहा हूँ?...? आध्यात्मिकता के बल के बारे में कह रहा हूँ। स्वामी विवेकानन्द आध्यात्मिकता के बल को लेकर गये थे और स...
- ’ मैंने गुरुजी से कहा, ‘गुरुजी हमने आपका काम किया है, तो उसका प्रमाण क्या है?...? ’ बोले, ‘बेटा! प्रमाण माँगता है? तो देख!’ उन्होंने एक मोटी इतिहास की पुस्तक आगे की। (वह इतिहास अभी ...
- ’ यह ब्राह्मण के लिए योग्य है, फिर बाकी लोग कैसे कर सकते हैं?...? ठाकुर कैसे करेंगे? कायस्थ कैसे करेंगे? धत्त तेरे की- मैंने कहा कि मेरा किया मेरे लिए ही उल्टा पड़ ...
- ’ ये कहावत आपने सुनी है?...? नहीं सुनी है? आपको ये कहावत सुननी चाहिए कि एक था भांजा और उसके थे माता सात। तो वो पहले वाले बड़े माम...
- ’ ये भी कोई माँगने की बात है क्या?...? ये चीजें मिल जाएगी तो आपका कुछ फायदा नहीं है और न मिले उसके बिना कुछ काम नहीं रुका हुआ है आपका, तो ...
- ’ योग किसे कहते हैं?...? योग कहते हैं—परमात्मा से जुड़ने को। आज का ‘योगा’ अलग-अलग जगहों पर अलग-अलग होता है। अगर योगा देखना ह...
- ’’ उसने कहा—‘‘क्यों क्या हुआ?...? ’’ ‘‘अरे देखो! खेत का मालिक आ गया। जल्दी भागो।’’ बस वे दोनों भाग गये। चोर ने बेटे से पूछा—‘‘लड़के!...
- ’’ (२) प्राचीनकाल में समाज को कितने वर्ग में बाँटा गया था व क्यों?...? (३) ऊँच-नीच का आधार गुण होना चाहिए या वंश? क्यों? (४) क्या पूर्वजों के कारनामों के कारण उनके वंशजों...
- ’’ (७) उन्नति या प्रगति का आधार स्वतंत्र चेतना है या भाग्य?...? (८) स्वतंत्र चिन्तन एवं पुरुषार्थ पूर्ण कर्तव्य ही सुख के सारे द्वार खोलता है? सिद्ध कीजिए (९) सिद्...
- ’’ (७) उन्नति या प्रगति का आधार स्वतन्त्र चेतना है या भाग्य?...? (८) स्वतन्त्र चिन्तन एवं पुरुषार्थ पूर्ण कर्तृत्व ही सुख के सारे द्वार खोलता है सिद्ध कीजिये।...
- ’’ अर्थात भूखा आदमी क्या पाप नहीं कर सकता?...? भूखा आदमी किसको दान दे सकता है? किसकी सहायता कर सकता है? किसी सेवा कर सकता है? किसका भला कर सकता ...
- ’’ अर्थात्—‘‘वेदों का उद्धार कौन करेगा?...? ’’ इसके उत्तर में कुमारिल भट्ट ने कहा था कि—‘‘अभी एक कुमारिल भट्ट भूतल पर है। इस प्रकार विलाप न करो...
- ’’ इतने में माताजी बोलीं, ‘‘तू सोचती है, माताजी मोटी हैं?...? कुछ काम नहीं कर पायेंगी? बेटा, मैं अभी भी 100 लोगों का खाना बना सकती हूँ।’’ वह बहन बेचारी हैरान रह ...
- ’’ इनका क्या मतलब है?...? बेटे, जल नम्रता का प्रतीक है, सज्जनता का प्रतीक है, शीतलता का प्रतीक है। सरलता का प्रतीक है, सहजता ...
- ’’ इस कथन की पुष्टि करते हुए दर्शाइए कि अध्यापक के प्रमुख कर्तव्य क्या हैं?...? (२) छात्रों के गुण, कर्म, स्वभाव पर विद्यालय का प्रभाव सर्वाधिक क्यों होता है? (३) प्राचीनकाल में श...
- ’’ इस पर उन्होंने श्रद्धापूर्वक हाथ जोड़ते हुए कहा, ‘‘हम क्या दे सकते हैं?...? गुरुजी ने हमें जो दिया है, यह तो उसका ब्याज भी नहीं है।’’
ऐसे लाखों कार्यकर्ता हैं, जो यह कहते है...
- ’’ इस पर गुरुजी कहते, ‘‘माताजी, हमारे बच्चे कैसे सीखेंगे कि पत्नी का सहयोग कैसे करना चाहिए?...? ’’गुरुजी कभी-कभी गोष्ठी में कहते, ‘‘बेटा, दाम्पत्य जीवन कैसा होना चाहिए, इसे हमारे जीवन से सीखना।’...
- ’’ इस पर गुरुजी बोले, ‘‘हमसे बड़ा भी कोई सूरज-चाँद है क्या?...? ’’ माताजी ने सबके लिये चाय बनवाई।
उस दिन रविवार था। तब तक शान्तिकुञ्ज में टी.वी. आ चुका था। माताजी...
- ’’ इस युक्ति में बहुत कुछ सार है जिसका दबाव अपने स्वभाव तक को बदलने में सफल न हो सका उस असफल व्यक्ति को कौन मान्यता देगा?...? कौन उसकी बात सुनेगा? कौन उसके कहने पर चलेगा? व्यक्तित्व की प्रामाणिकता इसी कसौटी पर कसी जाती है कि ...
- ’’ इसका मतलब क्या है?...? यह जिह्वा को पवित्र करती है। इसका वर्णन ब्राह्मणत्व के लिए आया है। सावित्री और सत्यवान की कथा म...
- ’’ इससे क्या हो जायेगा?...? तेरा दिमाग खराब हो जायेगा। पागल कहीं का, बेकार की बातें करता है। बेटे, कर्म की, पुरुषार्थ की बाते...
- ’’ इससे पहले कि मैं उनसे पूछती कि क्या-क्या लेकर आऊँ?...? वे फिर लिखने लगे। सुबह जब आँख खुली तो उन ऋषि का आभा मंडित चेहरा मेरी आँखों के सामने घूमने लगा। मैंन...
- ’’ ईंटें तो हम उठा लाये थे, सो मिलती कहाँ?...? गुरुजी बोले, ‘‘वो महेंद्र कहीं रख गया होगा, उसे बुलाओ।’’ मैं गया। मैंने माताजी से कहा, ‘‘आप बैठो।’’...
- ’’ उन्होंने करुणापूर्वक कहा, ‘‘बेटा, जल्दी बता, क्या बात है?...? ’’ मैंने बताया, ‘‘पिताजी, मेरे बड़े भाई को हमेशा बाँध कर रखना पड़ता है। वे पागल हैं।’’ पूज्य गुरुदेव ...
- ’’ उन्होंने कहा, ‘‘तुम्हें संसार में कुछ नहीं चाहिए?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘कुछ नहीं चाहिए।’’ उन्होंने कहा, ‘‘फिर तुम्हें ब्राह्मण, फकीर बना दें।’’ मैं चुप रहा...
- ’’ उन्होंने कहा—‘‘मैंने इतना परिश्रम किसलिए किया था, तुमको मालूम है?...? ’’ उसने कहा—‘‘हमें नहीं मालूम है।’’ भगवान ने बताया कि तुम्हारा बहुमूल्य जीवन मैंने अनेक जीवों के सा...
- ’’ उन्होंने कहा—‘‘हमें नहीं मालूम कि हमारा क्या लक्ष्य है?...? ’’ उन्होंने कहा—‘‘मैंने इतना परिश्रम किसलिए किया था, तुमको मालूम है?’’ उसने कहा—‘‘हमें नहीं मालूम ह...
- ’’ उन्होंने पास पड़े आसन पर बैठते हुए कहा—पीड़ा-निवारक को पीड़ा, वैद्य को रोग?...? कैसी विचित्र स्थिति है?’’ ‘‘विचित्रता नहीं, विवशता कहिए। इसे उस अन्तर्व्यथा के रूप में समझिए, जो पी...
- ’’ उन्होंने मुझसे पूछा, ‘‘माताजी, पैसा तो बहुत होगा आपके पास, कहाँ रखा है?...? ’’ घर में कुछ विशेष पैसा तो था नहीं। मैंने उन्हें सब सच-सच बता दिया कि पैसा तो हमारे पास बहुत है, प...
- ’’ उस दिन जब हम गुरुजी के दर्शन करने गए, तो गुरुजी ने स्वयं ही मुझसे पूछा, ‘‘आपका बच्चा है?...? ’’ मैंने हाँ में सिर हिलाया। फिर गुरुजी बोले, ‘‘बेटा, इस बालक की चिन्ता मत करना। मैं इसे पूरा ठीक त...
- ’’ उसने कहा—‘‘जा-जा, हमको क्या सिखाता है?...? ऐसा नहीं हो सकता। जो जमा करेगा, सो मरेगा।’’ इसलिए पेट ने क्या काम किया कि उसे हजम किया और उसमें कुछ...
- ’’ उसे हिलाया-डुलाया, फिर बिस्तर उठा कर देखा और बोले, ‘‘बदल तो नहीं दिया?...? ’’ अब तो सच बताना ही था। मैंने कहा, ‘‘जी साहब, बदल दिया।’’ गुरुजी थोड़ा नाराज हुए और बोले, ‘‘1200 रु...
- ’’ और बालकों से पूछता है, ‘‘आपने आलपिन का उपयोग किया, या दुरुपयोग?...? ’’
‘‘यदि दुरुपयोग किया है तो इसका उपयोग कैसे हो सकता था?’’
बालक फिर से प्रयास शुरु करते हैं- कोई आल...
- ’’ और बोले, ‘‘तू इन सबका चिन्तन क्यों करती रहती है?...? विधवा होने के कई एक कारण होते हैं। तू ऐसा सब क्यों सोचती रहती है?’’ मैं गुरुजी की बात सुनकर हक्की-ब...
- ’’ और ‘‘कैसे?...? ’’ की कसौटी पर हर एक बात को परखो। दूसरों से पूछने में झिझक मत करो। मनन, चिन्तन और विश्लेषण करने की ...
- ’’ कन्या बोली, ‘‘तुझे क्या प्रमाण चाहिए, बता?...? ’’ पटवारी ने अपना हाथ बढ़ाया और कहा, ‘‘मेरे हाथ में अपना हाथ दो तो मेरे हाथ में कुमकुम आ जाये, तो मै...
- ’’ कल्पना ने पूछा, ‘‘क्यों गुरुजी?...? ’’
गुरुजी ने जोर देते हुए कहा, ‘‘मैं कह रहा हूँ, तू कल गंगाजी नहीं जायेगी।’’ ‘‘ठीक है गुरुजी, आप ...
- ’’ किससे स्नान करा रहे हैं?...? एक चमची—जल से। अरे भाई! पहले तो तू स्वयं एक चमची जल से नहा करके आ जरा, तब भगवान जी को स्नान कराना।...
- ’’ कुछ रुके, फिर बोले-‘‘क्या नाम है?...? ’’ देवरजी ने बताया, ‘‘श्री सीताराम शर्मा।’’ ‘‘क्या उमर है?’’ 80 वर्ष। ‘‘कहाँ रहते हैं?’’ ‘‘भीलवाड़ा’...
- ’’ कौन कह सकता है गुरुदेव नहीं हैं?...? वे आज भी हैं, मैं इसका प्रमाण हूँ। उर्मिला बहनजी ने गोली के निशान भी दिखाये।जीवन सार्थक जीना चाहिए...
- ’’ क्या भगवान् का अनुग्रह मेरे ऊपर न होगा?...? सुकरात ने कहा- ‘अच्छा तुम कल आना और मेरी एक सेवा करना, फिर मैं तुम्हें उसका मार्गदर्शन करूँगा।’ ...
- ’’ क्या होती है प्रतीक?...? बेटा! प्रतीक उसे कहते हैं, जिसमें किसी चीज का छोटा-सा रूप सामने रख देते हैं, यह प्रतीक कहलाता है। प...
- ’’ खीरा का मंजीरा बन सकता है और कद्दू काटकर मृदंग बन सकता है?...? यह कबीर की उलटबाँसी है। हिन्दू धर्म का रहस्यवाद मित्रो! कबीर ने यह कोशिश की है किसी भी तरीके से र...
- ’’ गुरुजी तुरन्त समझ गये और कहा, ‘‘किसने कहा बदलने को?...? हमने तो कहा नहीं।’’ फिर मेरी ओर मुखातिब होकर बोले, ‘‘क्यों, उसे क्या हुआ है?’’ मैंने बताया, ‘‘गुरुज...
- ’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘नहीं तू बता, तू कितने का लाया है?...? ’’ सोनी जी ने बताया, ‘‘गुरुजी 21 रुपये का है।’’ सुनकर गुरुजी बोले, ‘‘मैं जो पहनता हूँ, वह 11 रुपये ...
- ’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘पाँच मिनट में तू क्या कर लेगा?...? ’’ हमने कहा ‘‘गुरुजी! हम मंच की तैयारी रखे रहेंगे। जनता को एकत्र भी कर लेंगे। आप बस पाँच मिनट में उ...
- ’’ गुरुजी ने कहा-‘‘तुम लोग क्या समझते हो?...? क्या मैं केवल शान्तिकुञ्ज में ही निवास करता हूँ, या कहीं और भी रहता हूँ? मैं लगातार सजातियों को खीं...
- ’’ गुरुजी ने पूछा, ‘‘तूने क्या पढ़ाई की है?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘एम.काम. किया है।’’ जवाब मिला, ‘‘तब तू डॉक्टर कैसे बनेगा?’’ मैंने कहा, ‘‘गुरुजी, डॉ....
- ’’ गुरुजी बोले ‘‘बेटा, विटामिन सी खाने से कुछ फायदा होता है?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘गुरुजी, यदि कमी होती है तो जरूर फायदा होता है।’’ वे बोले ‘‘फायदा मालूम पड़ता है क्या...
- ’’ गुरुजी बोले, ‘‘क्यों नहीं है?...? ईंट लगाओ।’’ माताजी बोलीं, ‘‘जब हिल नहीं रहा है, तो रहने दो।’’ गुरुजी अपने पलंग से उठे और बोले, ‘‘हि...
- ’’ गुरुजी बोले, ‘‘तेरे पिताजी क्यों स्वीकार नहीं करते?...? तू जाकर बोल कि यदि तुम दक्षिण भारत की लड़की स्वीकार नहीं करते तो फिर माँ को दक्षिण भारतीय साड़ी क्यों...
- ’’ गुरुदेव ने कहा, ‘‘अभी से साँस फूलेगी तो क्या होगा?...? हम अपने कन्धों पर ले चलेंगे, गायत्री माता से कह देंगे ठीक हो जायेगा।’’ उस समय पूज्यवर कमरे में टहल र...
- ’’ गुरुदेव ने पूछा, ‘‘किस पर?...? ’’ वह बोला, ‘‘सुषुम्ना नाड़ी पर।’’ इतना सुनते ही पूज्य गुरुदेव ने सुषुम्ना नाड़ी की पूरी व्याख्या कर ...
- ’’ गुरुदेव बोले, ‘‘हमारी मर्जी, हम शादी करें या न करें, मैनेजर बनवाएँ या झाड़ू लगवाएँ, तू कौन होता है?...? ’’
ऐसे थे गुरुदेव, जिनसे जुड़कर यह जीवन धन्य हो गया। आज हम अनुभव करते हैं कि वे साक्षात् गुरुरूप मे...
- ’’ जवाब मिला, ‘‘तब तू डॉक्टर कैसे बनेगा?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘गुरुजी, डॉ. नहीं बन सकता इसलिये तो आपके पास आया हूँ।’’ गुरुजी बोले, ‘‘अच्छा! तुझे ड...
- ’’ जीभ यदि काबू में हो तो मिठाई, खटाई, मिर्च और मसाले हमारे ऊपर क्यों सवार हों और तरह-तरह के व्यंजन, पकवान, आचार-चटनी की लपक क्यों लगे?...? लोग समझते भर हैं कि हमने जायकेदार और कीमती चीजें खाकर मजा उठाया पर वस्तुतः यह अपने पैरों आप कुल्हाड़...
- ’’ जैसे कुछ सोचते हुए देवर्षि ने कहा—आपने प्रयास नहीं किए?...? ’’ ‘‘प्रयास!......प्रयास किए बिना भला जीवित कैसे रहता। जो भटकी मानवता को राह सुझाने हेतु प्रयत्नरत ...
- ’’ तब कोई लगाता क्या?...? संसार इतना प्रचार किया करती है, कोई सुनता है क्या? सुनने के लिये ये बहुत जरूरी है कि जो आदमी उस बात...
- ’’ तब गुरुदेव ने बड़ी गम्भीरता से कहा, ‘‘बेटी, मैं तेरे बाप को क्या जवाब देता?...? ’’ लाल बाबा के बताने पर आये हो!
डॉ. लक्ष्मण सिंह मनराल चौखुटिया, अल्मोड़ा
श्री पी.वी. बालास्वामी ...
- ’’ तब पूज्य गुरुदेव बोले ‘‘आज से हम तुम्हारे हुए, इतने से कम में हमारा गुरु हमें नहीं मिला तो हम तुम्हें कैसे मिल जाते?...? ’’
मैंने कहा ‘‘गुरुदेव एक प्रार्थना है। बच्चे पढ़े या न पढ़ें, शादी हो या न हो पर ये शान्तिकुञ्ज में...
- ’’ तब माताजी बोलीं, ‘‘अब तो मैंने जकड़ लिया, अब कहाँ जायेगी?...? ’’
जब हम लोग हरितालिका तीज की पूजा करने गये, तो गुरुजी-माताजी दोनों ही बैठे थे। बहिनें उन्हें रोली...
- ’’ तब राजा जनक ने पूछा—‘‘क्या वस्तुएँ कम कर सकते हैं?...? ’’ उन्होंने कहा—‘‘घी अगर आपके पास न हो, तो केवल हवन-सामग्री से जो वनस्पतियों से बनती है, उससे ही आप...
- ’’ तब वे झल्ला जाते और कहते-‘‘तू मेरी दाढ़ी क्यों बनायेगा?...? क्या मैं नहीं बना सकता?
‘‘तू मेरा सब काम करेगा, सब काम करेगा, जा! मेरा सब काम तू ही कर आ।’’ अब तो ...
- ’’ तब वे लोग एक-दूसरे की ओर इशारा करते हुए कहने लगे, ‘‘साहब, हमसे क्या पूछते हैं, इनसे पूछिये, ये भी तो मिले थे?...? ’’ वे लगभग 15-20 व्यक्ति थे, सभी एक स्वर में कहने लगे, ‘‘हाँ-हाँ! यही व्यक्ति थे, बिल्कुल यही व्यक्...
- ’’ तब से लाखों वर्ष हो गये गंगा को बहुत हुए; पर कभी कुछ कमी पड़ा क्या?...? कभी कोई कमी नहीं पड़ी। यही तरीके हैं देवताओं के अनुग्रह लेने के। आप भी देवताओं का अनुग्रह प्राप्त कर...
- ’’ तो अपने हाथ की खाल पकड़कर खींचते हुए कहा-‘‘अब ये चाम रखकर क्या करेंगे?...? आत्मा तो चली गई।’’ मैंने कहा, ‘‘महाराज, बात समझ में नहीं आई? आत्मा कैसे और कहाँ चली गई?’’ तो बाबा ब...
- ’’ तो क्या इसी को एटीकेट कहते हैं?...? हाँ इसी को कहते हैं। हमने चार सौ रुपये महीने पर बोर्डिंग स्कूल में अपने बच्चे को दाखिल करा दिया ह...
- ’’ तो फिर किस बात की जरूरत है?...? उन्होंने कहा कि महाराज जी! आप तो बतायें कि हमको खाँसी आ जाती है। हमको बुखार आ जाता है। आप हमारा ब...
- ’’ दत्ता जी बोले, ‘‘आपको गुरुजी पर भरोसा नहीं है क्या?...? ’’ और मुस्कुराते हुए बोले, ‘‘हम तो भई अपना काम करेंगे। जूता साफ करेंगे।’’ मैं बोली, ‘‘गुरुजी पर तो ...
- ’’ देने का तेरा अधिकार है, तैने क्या दुनिया में दिया?...? आध्यात्मिकता कहती है, काटती है, भगवान् पूछता है, भगवान् जवाब-तलब करता है हर इन्सान से और जब भगवान् ...
- ’’ पटवारी ने कहा, ‘‘सही उच्चारण कैसे होता है, बताइये?...? ’’ तब लड़की ने सबके सामने ऊँचे स्वर में उच्चारण करके बताया। फिर मुझसे बोली, ‘‘बेटा! तुम्हारी मंत्र ल...
- ’’ पड्डा जानते हैं?...? भैंस के बच्चे को एम.पी. एवं यू.पी. में पड्डा बोलते हैं। कोई शराबी कह रहा था उस राजा से जो हाथी पर स...
- ’’ पत्नी बोली—हम आपके लिए घड़ी चेन लाये हैं लेकिन आज आपके हाथ पर ये रूमाल कैसे बँधा है?...? दोनों ने एक-दूसरे के रूमाल खोले तो देखा कि बाल कटे हुए हैं और कलाई खाली। एक के हाथ में क्लिप और दूस...
- ’’ पर फिर तुरन्त ही मन में सोचा, मैं क्या पूछ रहा हूँ?...? वे तो सर्वज्ञ हैं, हो न हो, उस सहृदय व्यक्ति के रूप में गुरुदेव ही तो पहुँचे थे और तुरन्त श्रद्धावनत...
- ’’ पहले मुझे शंकर भगवान का वरदान तो दिलवा दीजिए, हनुमान जी का वरदान तो दिलवा दीजिए, साईं बाबा का वरदान तो दिलवा दीजिए, आचार्य जी का वरदान तो दिलवा दीजिए, फिर देखिए कि मैं क्या करके दिखाता हूँ?...? फिर मेरा चमत्कार देख लेना। फिर मैं सारे मोहल्ले वालो में से किसी को जिन्दा नहीं छोड़ूँगा और मैं ...
- ’’ प्रत्यक्ष को प्रमाण क्या?...? विश्वास हुआ—सचमुच ये मुरदे हैं। उन्होंने कोढ़ी को उठाया, घाव धोए, औषधि लगाई। सेवा कार्य के साथ ही, ...
- ’’ फिर क्या हुआ?...? कोई लड़ाई- झगड़ा हुआ? नहीं, कोई लड़ाई- झगड़ा नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि लड़ाई- झगड़ा भी नहीं हुआ, तो फ...
- ’’ फिर पत्नी से बोले, ‘‘बेटा तेरे को कुछ कहना है?...? ’’ पत्नी ने कहा, ‘‘बापजी, ये दुःख हमारा दूर हो जाय, बस।’’ गुरुजी बोले, ‘‘सब ठीक हो जाएगा।’’ हम तीन ...
- ’’ फिर बोलीं, ‘‘ये सब क्या है?...? इसकी क्या जरूरत थी? बेटा, तेरा तो सब कुछ मेरा ही है।’’ जल्दी-जल्दी में गुरुजी के लिए, मैं कुछ खरीद ...
- ’’ फिर मज़ाक में कहा, ‘‘मेरे यहाँ 21वीं सदी नहीं आयेगी माताजी, कि ये सब महिलाओं के काम करता फिरूँ, मैं?...? .. और... मेंहदी ले जाकर दूँगा?’’ कहकर मैं मेंहदी लिये बिना ही नीचे आ गया।’’
मुक्ति दीदी-‘‘कुछ समय ...
- ’’ फिर मेरी ओर मुखातिब होकर बोले, ‘‘क्यों, उसे क्या हुआ है?...? ’’ मैंने बताया, ‘‘गुरुजी, वह अन्दर से सड़ गया है। बदलना आवश्यक है।’’ गुरुजी ने दरवाजे को खोला, बन्द कि...
- ’’ फिर वह बोली, ‘‘पता नहीं कौन सा संकट आने वाला है, गुरुजी ने किस संकट का संकेत दिया है?...? ’’
रात की घटना अभी भी मुझे कँपा रही थी। मैंने कहा, ‘‘संकट तो आकर चला गया’’ और रात की सब घटना पत्नी...
- ’’ फिर वे बोले, ‘‘तुम कुछ माँगते क्यों नहीं?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘कुछ नहीं चाहिए।’’ उन्होंने कहा, ‘‘तुम्हें संसार में कुछ नहीं चाहिए?’’ मैंने कहा, ‘‘...
- ’’ बात मेरी समझ में आ गई कि मुझे क्यों भेजा जा रहा है?...? श्री रामजनम वर्मा जी पशुलोक में ही रहते थे।
वहाँ जाकर, मैंने सबसे पहले बच्चे का परीक्षण किया। उसे ...
- ’’ बेटे ने कहा, ‘‘फूल माँगते हैं?...? ’’ गुरुजी ने एक फूल उठाकर दे दिया। उनके जाने के बाद हम लोगों से कहा, ‘‘तुम लोग यज्ञ करते हो, जिससे ...
- ’’ बोधिसत्व चौंक कर बोले-पुत्री मैंने तो किसी का कुछ नहीं चुराया?...? चुराया क्यों नहीं, दुनियाँ की शान्ति और आनन्द चुराकर यहाँ बैठे हो, संसार पीड़ाओं में जल रहा है क्या...
- ’’ ब्राह्मण शब्द क्यों काट दिया?...? इसलिए कि गलतफहमी पैदा हो गयी थी। ‘ब्राह्मण’ का अर्थ मैं कुछ और समझता था और उसे लोगों को समझाना चाहत...
- ’’ भगवान ने कहा—‘‘अब कहाँ चलना चाहिए?...? ’’ भगवान आसमान में चले गए, दूसरी जगह चले गए, तीसरी जगह चले गए, लेकिन मनुष्यों ने पीछा नहीं छोड़ा। वे...
- ’’ भारी चिन्ता में पड़ते हुए हमने इतना ही पूछा ‘‘आप क्या चाहते हैं?...? ’’ उन्होंने कहा,‘‘सम्पूर्ण समर्पण करना है। तुम्हारा श्रम हमारे लिए, चिन्तन हमारे लिए, समय भी अब हमा...
- ’’ भीड़ मुड़ कर देखने लगी, ‘‘कौन आया?...? ’’ पर गुरुजी तो सबसे पीछे बैठ गए थे। दिखाई नहीं पड़े। गुरुदेव ने हाथ जोड़ कर संकेत किया कि मैं ठीक हू...
- ’’ मनुष्य क्या है?...? मनुष्य भगवान् की नकल है। हम इसी से अंदाज लगा सकते हैं कि भगवान् बड़े रूप में कैसा होगा? जैसे इनसान...
- ’’ मरता क्या न करता?...? नहीं से तो अच्छा है जलन ही सह लिया जाय। सोचकर कहा, ‘‘आप बताइये तो सही, जितना सह पायेंगे-सहेगें।’’ उ...
- ’’ माँ गंगा व कार्तिकेय को आशीर्वाद कौन दे सकता है?...? फिर अन्तरमन ने कहा, माँ गंगा व कार्तिकेय को आशीर्वाद देने की सामर्थ्य रखने वाले साक्षात् शिव के अति...
- ’’ माँ ने बच्चों को डाँटा, ‘‘क्यों भाभी को रुलाते हो?...? ’’ बहू को सांत्वना देती रहीं पर स्वयं भी परेशान थीं। घर में स्थिति बड़ी दयनीय थी।
इधर जब हम शान्तिक...
- ’’ माताजी का आदेश भला कौन टाल सकता था?...? उस चावल को अच्छे से धोया गया और पकाया गया। बहनें सोच रही थीं कि आज नाली का चावल खाना पड़ेगा। माताजी ...
- ’’ माताजी ने तुरन्त स्टोर वाले भाई से पुछवाया, ‘‘बाजरा आ गया है क्या?...? ’’ वह बोला माताजी अभी नहीं आया है। माताजी ने उसे कहा ‘‘जैसे ही आये मुझे बताना।’’ अगले दिन, सुबह-सुब...
- ’’ माताजी ने मुझसे पूछा, ‘‘लल्लू, तू ठीक कर देगा?...? अच्छा! देख तो!’’ मैंने मन में सोचा, ‘‘मैं कैसे करूँगा?’’ पर मैं टेलीफोन को ब्रह्मवर्चस ले आया, उलट-...
- ’’ माताजी बोलीं, ‘‘तू जा, क्यों चिन्ता करती है?...? मैं तो हूँ।’’ जबकि माताजी स्वयं ही अत्यधिक बीमार थीं। उनकी बात सुनकर मैं और शैल जीजी जोर से हँस पड़े...
- ’’ माताजी बोलीं, ‘‘बेटा तुमने शान्तिकुञ्ज के डॉक्टरों को दिखाया क्या?...? जा बेटा जा, नीचे शान्तिकुञ्ज के डॉक्टर बैठे हैं। उन्हें दिखा दे, सब ठीक हो जायेगा।’’
इधर माताजी के...
- ’’ मुक्ति जीजी ने पूछा क्या काम है?...? वे बोले, ‘‘मुझे मुक्ति चाहिए।’’ मुक्ति जीजी बोलीं, ‘‘मेरा ही नाम मुक्ति है। कहिये।’’ सुनकर वे झेंप...
- ’’ मुझे लगा, यह ठीक तो कह रही है पर मैं कैसे नहीं समझ सका?...?
मैं धन्य हो गया
श्री रमेश मारू, बिलासपुर, छत्तीसगढ़
यह प्रसंग मुझे श्री रामाधार विश्वकर्मा जी ने...
- ’’ मैं चौंक कर गुरुदेव का मुँह ताकने लगा सोचा, कल आर्डर दिया, आज कैसे मना करूँ?...? क्या सचमुच मना करना पड़ेगा? अभी सोच ही रहा था कि इतने में उन्होंने फिर कहा-‘‘जा, जल्दी मना कर दे, नह...
- ’’ मैं थोड़ा घबराई कि अब क्या बोलूँ?...? मैंने अपना थोड़ा बहुत परिचय दिया और फिर उनसे पूछा, ‘‘आप सब कहाँ से आये हैं?’’ उन्होंने बताया ‘‘हम सब...
- ’’ मैं बरबस ही यह सोचने के लिये मजबूर था कि क्या, गुरुदेव ने उस दिन माँ गंगा को रुकने का आदेश दिया था और बिहार को दोहरी त्रासदी से बचाया था?...? मेरे गुरु मेरे घर आये, मैं भी तेरे घर आया
(श्री रघुवीर सिंह चौहान जी, सन् 1977 में पूज्य गुरुदेव स...
- ’’ मैंने कहा, ‘‘गुरुजी, कब तक?...? ’’ गुरुजी बोले, ‘‘जब तक तू पूर्णता की स्थिति प्राप्त नहीं कर लेगा।’’ उनकी बात सुनकर मैं भाव विभोर ह...
- ’’ मैंने कहा, ‘‘नहीं, गुरुजी’’ गुरुजी ने कहा-‘‘मुझसे झूठ बोलते हो?...? आज के बाद सिगरेट मत पीना।’’ मैं कभी-कभी सिगरेट पीता था। मुझे हैरानी हुई, गुरुजी को कैसे पता चला। उस...
- ’’ मैंने कहा, ‘‘फिर उनका क्या होगा?...? ’’ तो वे बोले, ‘‘वे विश्राम करेंगे।’’ मैंने पूछा, ‘‘उनका विश्राम कैसा होता है? क्या सोयेंगे, कितना ...
- ’’ मैंने कहा, ‘‘महाराज, बात समझ में नहीं आई?...? आत्मा कैसे और कहाँ चली गई?’’ तो बाबा बोले-‘‘अरे! वे श्रीराम चले गए न... अब ये शरीर रखकर क्या करूँगा...
- ’’ मैंने कहा, ‘‘माताजी अब समय ही कहाँ है?...? पूजा होने वाली है और मुझे पूजा का सामान भी लाना है।’’ माताजी बोलीं, ‘‘अरे, पूजा में अभी आधा घण्टा ह...
- ’’ मैंने कहा, ‘‘माताजी, जब साक्षात शिव-पार्वती हैं, तो मैं मिट्टी के शिव-पार्वती क्यों पूजूँ?...? ’’ माताजी बोलीं, ‘‘अच्छा ठीक है, जा गुरुजी से पूछ ले।’’ मैंने गुरुजी से पूछा तो वे खड़े हो गये और बो...
- ’’ मैंने गुरुजी से पूछा तो वे खड़े हो गये और बोले, ‘‘अभी चलना है?...? ’’ मैंने कहा, ‘‘नहीं गुरुजी, जब माताजी बुलाएंगी।’’ वे बोले, ‘‘अच्छा, अच्छा! और बैठ गये।’’
सभी बहनो...
- ’’ मैंने गुरुजी से पूछा, ‘‘इसके लिए मुझे क्या करना होगा?...? ’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘बेटा! इसके लिए अपना आपा ही उड़ेल दो। बेटा, जो भी छुट्टी मिले, उसे हमारे काम में ...
- ’’ मैंने गुरुजी से पूछा, ‘‘गुरुजी आप कहाँ पर थे?...? ’’ पर फिर तुरन्त ही मन में सोचा, मैं क्या पूछ रहा हूँ? वे तो सर्वज्ञ हैं, हो न हो, उस सहृदय व्यक्ति ...
- ’’ मैंने चकित होकर कहा, ‘‘गुरुदेव आप?...? इसकी नाक से रक्त स्राव की 99 प्रतिशत आशंका है।’’ वह बोले, ‘‘मैं खड़ा हूँ, कुछ नहीं होगा। तू इसकी पट्...
- ’’ मैंने पूछा ये कौन हैं?...? तब उन्होंने कहा कि भारत से हम दो लोग थे। एक दक्षिण भारत में हैं। उन्हीं ने अपने कैमरे से ये चित्र ल...
- ’’ मैंने पूछा, ‘‘उनका क्या होगा?...? ’’ वे बोले, ‘‘वे अपने गुरु का स्थान ले लेंगे।’’ मैंने कहा, ‘‘फिर उनका क्या होगा?’’ तो वे बोले, ‘‘वे...
- ’’ मैंने पूछा, ‘‘उनका विश्राम कैसा होता है?...? क्या सोयेंगे, कितना सोयेंगे, क्या सोते रहेंगे?’’ गुरुजी ने कहा, ‘‘नहीं, उनके विश्राम का मतलब होता ह...
- ’’ मैंने पूछा, ‘‘क्या वे भी मुझे आप की ही तरह प्यार करेंगे?...? ’’ माताजी बोलीं, ‘‘मुझसे भी अधिक।’’ फिर माताजी ने मुझे गायत्री मंत्र सुनाया, अखण्ड दीपक दिखाया और क...
- ’’ मैंने मन में सोचा, ‘‘मैं कैसे करूँगा?...? ’’ पर मैं टेलीफोन को ब्रह्मवर्चस ले आया, उलट-पलट कर देखा और खोलकर साफ कर दिया, वह ठीक हो गया। अगले ...
- ’’ युधिष्ठिर का स्वर अपेक्षाकृत कोमल था ‘‘अधर्म के विरुद्ध तो हम लड़ ही रहे हैं, पर मनुष्य तो आखिर आत्मा है, आत्मा का आत्मा से क्या द्वेष?...? ’’ भीम युधिष्ठिर की इस महान् आदर्शवादिता के लिए नतमस्तक न हो पाए थे, तब तक नकुल बोल पड़े- ‘‘लेकिन मह...
- ’’ लेकिन मेरी अन्तर्स्थिति को कोई कहाँ समझ सकता था?...?
फरवरी सन् 2006 में हम हरिद्वार आ गये और शान्तिकुञ्ज में अपना पूरा समय देने लगे। दो-तीन माह बाद हम...
- ’’ वह बोला, ‘‘छत पर कौन है?...? ’’ हमने कहा, ‘‘कोई नहीं है।’’ पर डाकुओं को छत पर कोई सफेद धोती-कुर्ता पहने, हाथ में बड़ा सा डंडा लिय...
- ’’ वह बोलीं, ‘‘गुरुजी, आप बैठे हैं तो डर क्या?...? ’’ गुरुजी बोले, ‘‘गुरुजी तो सामने बैठे हैं, पीछे से तुझे उठा ले गया तो मैं क्या करूँगा?’’ और हम सब ...
- ’’ वह भाव-विह्वल हो बोल पड़े, ‘‘क्यों नहीं?...? नन्दकुमार का दर्शन तो मैंने कितने रूपों में किया है, आदिवासियों एवं हरिजनों के गोकुल में।’’नन्द कुम...
- ’’ वे कुछ क्षण चुप रहे, फिर कहा-‘‘मैं क्या करूँगा स्टेनो रखकर?...? मेरी एक मुसीबत है, और वो ये है कि मैं भी, किसी का स्टेनो हूँ। अब स्टेनो, स्टेनो कैसे रखे? वे (गायत्...
- ’’ वे बोले ‘‘फायदा मालूम पड़ता है क्या?...? ’’ मैंने कहा ‘‘गोली क्या कर रही है यह तो मालूम नहीं पड़ता लेकिन तकलीफ दूर हो जाती है।’’ गुरुजी ने कह...
- ’’ सबने एक स्वर से कहा, ‘‘आप हमसे क्यों पूछते हैं गुरुदेव?...? आप स्वयं तो वहाँ मौजूद थे। आपकी क्षण भर की देरी हम सब की गर्दन उड़ा देती।’’ सुनकर, गुरुदेव मुस्कुरा ...
- ’’ हम सोचने लगे, ‘‘हम क्या दवा लिखेंगे?...? ’’ खैर हम उनके पास खड़े हो गये। लोग अपनी-अपनी समस्या कहते और गुरुदेव आशीर्वाद दे देते। कोई गम्भीर बीम...
- ’’ हमने पूछा, ‘‘क्यों महाराज?...? ’’ तो अपने हाथ की खाल पकड़कर खींचते हुए कहा-‘‘अब ये चाम रखकर क्या करेंगे? आत्मा तो चली गई।’’ मैंने क...
- ’’ ‘‘आखिर क्यों?...? ’’ 6-7 साल की नन्हीं बच्ची के मन ने प्रश्न किया। मैंने तो कोई चोरी नहीं की, पैसे तो पड़े मिले थे।’’ ...
- ’’ ‘‘क्या उमर है?...? ’’ 80 वर्ष। ‘‘कहाँ रहते हैं?’’ ‘‘भीलवाड़ा’’ उस समय गुरुदेव कमरे में ही अपने दोनों हाथ पीछे की ओर बाँ...
- ’’ ‘‘क्या है वहाँ?...? ’’ माताजी ने पूछ लिया। मैंने जवाब में कहा, ‘‘माताजी शंकर जी का सिद्धपीठ है।’’ माताजी गम्भीर हो गईं व...
- ’’ ‘‘क्यों करते हो?...? वर्ण एवं संस्कार कौन-कौन से हैं। आपके गुरुदेव कौन हैं? उनका जीवन परिचय दीजिए, वे किस तरह युग निर्मा...
- ’’ ‘‘यज्ञ करते हो?...? ’’ ‘‘हाँ।’’ ‘‘क्यों करते हो? वर्ण एवं संस्कार कौन-कौन से हैं। आपके गुरुदेव कौन हैं? उनका जीवन परिचय...
- ’’गुरुजी बोले, ‘‘बेटा, इससे तू क्यों दुखी होता है?...? इस सब की प्राप्ति के लिये भी प्रारब्ध चाहिए। यह भी हर किसी के भाग्य में नहीं होता। राम-रावण युद्ध क...
- ” “अच्छा बताओ, मछली की पलक, मछली का सिर आदि कुछ दिखाई पड़ता है?...? ” उसने कहा, “नहीं, केवल आँख की पुतली दिखाई पड़ती है।” राजा ने हुक्म दिया कि बस यही लड़का निशाना साध...
- गायत्री मंत्र क्यों और कैसे जपें?...? गायत्री मंत्र क्यों जपें?
मित्रो! अध्यात्म में जो शिक्षण हम प्राप्त करते हैं, उसको जीवन में उत...
- हमारा जीवन कैसा हो?...? इस प्रयोग के अन्तर्गत अपना आहार-विहार, वस्त्र-विन्यास, रहन-सहन, व्यवहार, अभ्यास ऐसा रखा गया जो न...